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Stock Market Today 2 September, 2026: शेयर बाजार में भारी गिरावट, लाल निशान में खुले सेंसेक्स के सभी 30 स्टॉक

हफ्ते के पहले ट्रेडिंग सेशन में बीएसई सेंसेक्स 472.96 अंकों (0.61%) की गिरावट के साथ 76,471.32 अंकों पर खुला।

ज़ी न्यूज़ 2 Sep 2026 9:40 am

Stock Market live Updates : GIFT Nifty से सुस्त शुरुआत के संकेत, US और एशियाई बाजार गिरे

Stock Market live Updates : GIFT निफ्टी के संकेतों को देखते हुए,2 सितंबर को भारतीय बेंचमार्क इंडेक्स की शुरुआत सुस्त होने की संभावना है। GIFT निफ्टी शुरुआती कारोबार में लगभग 24,042.50 के स्तर पर सपाट कारोबार कर रहा था। वहीं, 1 सितंबर को उतार-चढ़ाव के बीच भारतीय इक्विटी इंडेक्स लगातार दूसरे सेशन में मामूली गिरावट के साथ बंद हुए। FMCG,IT,मीडिया और मेटल शेयरों में खरीदारी का असर ऑटो,बैंकिंग,फार्मा और रियल्टी शेयरों में बिकवाली से खत्म हो गया। कारोबार के अंत में सेंसेक्स 12.99 अंक या 0.02 प्रतिशत गिरकर 76,944.28 पर और निफ्टी 24.60 अंक या 0.10 प्रतिशत गिरकर 24,055.80 पर बंद हुआ।

ज़ी न्यूज़ 2 Sep 2026 7:52 am

भारतीय अर्थव्यवस्था का 7.8 प्रतिशत की दर से बढ़ना, उद्योगों के लिए सुनहरा दौर: इंडस्ट्री

New Delhi, 1 सितंबर . India की अर्थव्यवस्था के वित्त वर्ष 27 की पहली तिमाही (अप्रैल-जून अवधि) में 7.8 प्रतिशत की दर से बढ़ने पर इंडियन कंस्ट्रक्शन इक्विपमेंट मैन्युफैक्चरर्स एसोसिएशन (आईसीईएम) के अध्यक्ष और जेसीबी इंडिया सीईओ और एमडी दीपक शेट्टी ने कहा कि यह भारतीय उद्योगों के लिए सुनहरा दौर है. अब तक हमारी ... Read more

डेली किरण 1 Sep 2026 5:59 pm

PM Modi के GDP Growth पर INDIA ने कसके सुनाया | Congress | Pawan Khera | Pappu Yadav | Manoj Jha

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देश की जीडीपी ग्रोथ रेट 7.8% रहने पर देशवासियों को बधाई दी। उन्होंने मंगलवार को वीडियो जारी कर कहा कि ये उपलब्धि देशवासियों की इच्छाशक्ति, मेहनत और सामूहिक ताकत का नतीजा है. अब इस वीडियो पर विपक्ष ने घेर लिया. विपक्ष ने क्या कुछ कहा. देखिए इस वीडियो में

लाइव हिन्दुस्तान 1 Sep 2026 5:25 pm

वित्तीय वर्ष 2026-27 की प्रथम तिमाही में आर्थिक विकास दर ने चौंकाया

दिनांक 31 अगस्त 2026 को सायंकाल में केंद्र सरकार ने भारत के वित्तीय वर्ष 2026-27 की प्रथम तिमाही में सकल घरेलू उत्पाद में वृद्धि दर के आंकड़े जारी किए हैं। विश्व बैंक एवं अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष सहित अन्य वैश्विक संस्थानों, एसोचेम, भारतीय रिजर्व बैंक आदि के अनुमानों को धत्ता बताते हुए अप्रेल-जून 2026 की तिमाही में भारत के सकल घरेलू उत्पाद में 7.8 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज हुई है। जबकि, उक्त संस्थानों ने उक्त अवधि में 6.5 प्रतिशत से 7 प्रतिशत के बीच की वृद्धि दर का अनुमान लगाया था। उक्त वृद्धि दर वैश्विक स्तर पर विभिन्न प्रकार की आर्थिक समस्याओं के बीच हासिल हुई है, इसलिए भारत के लिए यह एक मील का पत्थर साबित होगी। रूस-यूक्रेन युद्ध तो बहुत लम्बे समय से चल रहा है, ईरान-अमेरिका/इजराईल युद्ध भी इस तिमाही में जारी रहा, जिसके चलते अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में बेतहाशा वृद्धि देखने को मिली थी। एक समय तो कच्चे तेल की कीमतें 120 अमेरिकी डॉलर प्रति बैरल के स्तर तक पहुंच गई थीं। ज्ञातव्य हो कि भारत अपनी जरूरत का 80 प्रतिशत से अधिक कच्चा तेल आयात करता है। ईरान द्वारा स्ट्रेट ओफ होर्मुज को बंद करने के पश्चात इस मार्ग से गुजरने वाले तेल के जहाजों को रोक दिया गया था एवं कच्चे तेल की आपूर्ति पर इसका विपरीत प्रभाव पड़ा था। परंतु, भारत ने इस दयनीय स्थिति को बहुत ही सूझ बूझ के साथ सम्भाला और अन्य कई देशों से तेल एवं गैस का आयात जारी रखा, जिससे भारत में न तो तेल की आपूर्ति कम हुई और न ही भारत में पेट्रोल एवं डीजल की कीमतों में भारी वृद्धि हुई। जबकि अन्य कई देशों में तो पेट्रोल एवं डीजल की कीमतों में 50 प्रतिशत से अधिक की वृद्धि दर्ज हुई है। भारत के युवाओं (जेन-जी) को इस बात को समझना होगा कि भारत आज आर्थिक विकास के जिस दौर से गुजर रहा है, वह बहुत ही संवेदनशील है। यदि देश में किसी भी प्रकार की अराजकता फैलायी जाती है तो आर्थिक विकास की पटरी से भारत डीरेल हो सकता है। आगे आने वाले 10 वर्षों तक भारत यदि विकास दर की इसी ट्रेजेक्टरी में अपने आप को बनाए रखने में सफल होता है तो भारत के वर्ष 1947 में विकसित राष्ट्र बनने के सपने को साकार होने से कोई रोक नहीं सकता है। अर्थ के लगभग प्रत्येक क्षेत्र में अप्रेल-जून 2026 तिमाही में सराहनीय वृद्धि दर हासिल की गई है। सकल मूल्य संवर्धन में वृद्धि दर 8.2 प्रतिशत की रही है जो अप्रेल-जून 2025 की तिमाही में 7 प्रतिशत की रही थी। विनिर्माण के क्षेत्र में वृद्धि दर पिछले वर्ष की तिमाही में 8.3 प्रतिशत की रही थी जो इस वर्ष की तिमाही में बढ़कर 9.2 प्रतिशत की हो गई है। इसी प्रकार सेवा के क्षेत्र में भी आर्थिक विकास दर इस वर्ष की प्रथम तिमाही में बढ़कर 10 प्रतिशत पर पहुंच गई जो पिछले वर्ष इसी अवधि में 8 प्रतिशत रही थी। भारत की अर्थव्यवस्था उपभोग आधारित है, अतः निजी उपभोग में इस वर्ष की तिमाही में 7.1 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई है जो पिछले वर्ष इसी अवधि में 6.8 प्रतिशत रही थी। सकल स्थिर पूंजी निर्माण में भी अतुलनीय 11.9 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज हुई है जो पिछले वर्ष की इसी अवधि में केवल 5.8 प्रतिशत की रही थी। इसी प्रकार, रोजगार निर्मित करने वाले क्षेत्रों में भी विकास दर प्रभावशाली रही है। वित्तीय क्षेत्र में वृद्धि दर 12.1 प्रतिशत की दर्ज हुई है तो व्यापार, होटल, यातायात एवं संचार के क्षेत्र में 8.5 प्रतिशत की विकास दर हासिल की गई है। साथ ही गैस एवं विजली उत्पादन में भी वृद्धि दर 8.9 प्रतिशत की रही है। इसे भी पढ़ें: UPA के 'Fragile Five' से 7.8% GDP ग्रोथ तक: Ravi Shankar Prasad ने PM Modi के आर्थिक प्रबंधन को सराहा वित्तीय वर्ष 2026-27 की प्रथम तिमाही में सराहनीय विकास दर हासिल करने को केंद्र सरकार की योजनाओं की सफलता के रूप में भी देखा जा सकता है। केंद्र सरकार ने मेक इन इंडिया नामक योजना को तेजी से आगे बढ़ाया है और इसने भारत को कई क्षेत्रों में आत्म निर्भर बनाने का कार्य सफलतापूर्वक किया है। विशेष रूप से सूचना प्रौद्योगिकी, सॉफ्टवेयर डेवलपमेंट, डिजिटल भुगतान, फिन टेक, इंजिनीयरिंग डिजाइन, व्यापार परामर्श, वैश्विक ग्लोबल योग्यता सेंटर, आदि क्षेत्रों में भारत आज पूरे विश्व में लीड कर रहा है। मेक इन इंडिया योजना ने भारतीय नागरिकों में जोश भरा और भारत की प्रतिभा का डंका पूरे विश्व में बज गया है। दूसरे, भारत में उत्पादन आधारित प्रोत्साहन योजना को भी लागू किया गया। इस योजना ने भारत को उपभोक्ता बाजार से निकालकर मजबूत वैश्विक विनिर्माण हब में बदल दिया है। उत्पादन आधारित प्रोत्साहन योजना के अंतर्गत 14 प्रमुख क्षेत्रों में करीब 2.3 लाख करोड़ रुपए का निवेश हुआ है, 16.5 लाख करोड़ रुपए से अधिक का कुल उत्पादन हुआ है एवं 12 लाख से अधिक रोजगार के नए अवसर निर्मित हुए। इसके उपरांत प्रारम्भ हुई प्रधानमंत्री गति शक्ति योजना के अंतर्गत सड़क, रेल, बंदरगाह, एयरपोर्ट और लाजिस्टिक को पहली बार इंटीग्रेटेड तरीके से जोड़ने की कोशिश की गई। समर्पित मालवाहक गलियारों का निर्माण तो इस दृष्टि से मील का पत्थर साबित हुए हैं। नए एक्स्प्रेस वे ने माल ढुलाई का समय घटाया। लागत को कम किया और भारतीय उत्पादों को वैश्विक बाजार में अधिक प्रतिस्पर्धी बनाया। 86,300 करोड़ अमेरिकी डॉलर का निर्यात इस सफलता की कहानी को दर्शाता है। निर्यात में अतुलनीय वृद्धि दर उस समय पर हासिल की गई है जब अमेरिका की टैरिफ नीति ने पूरे विश्व को परेशान किया हुआ है। साथ ही, रूस यूक्रेन युद्ध, ईरान इजराईल-अमेरिका युद्ध, इजराईल हमास युद्ध एवं वैश्विक स्तर पर अस्थिरता का बने रहना भी शामिल है। इन परिस्थितियों के बीच भारत ने उत्पादों एवं सेवा के क्षेत्र में निर्यात का रिकार्ड बनाया है। जबकि कई देशों की अर्थव्यवस्थाओं में सुस्ती बनी हुई है। भारत के कुल निर्यात में सेवा क्षेत्र की कुल हिस्सेदारी तेजी से बढ़ रही है। यदि भारत को चीन जैसी विनिर्माण क्षेत्र की ताकत बनाना है तो भारत को हाई वैल्यू मैन्युफेक्चरिंग, सेमीकंडक्टर, मशीनरी, और सूक्षम, लघु एवं मध्यम उद्योग के क्षेत्र को और अधिक मजबूत करना होगा। घरेलू उत्पाद बढ़ाकर न केवल उत्पादों के आयात को कम किये जाने का प्रयास किया जा रहा है बल्कि वैश्विक बाजार में अपनी हिस्सेसरी भी बढ़ाई जा रही है। भारत में हाल ही में आई मोबाइल एवं इलेक्ट्रॉनिक क्रांति का भी इसमें बहुत बड़ा योगदान है। वर्ष 2014 में भारत में केवल 2 मोबाइल उत्पादन इकाईयां कार्यरत थीं। आज भारत मोबाइल निर्माण के क्षेत्र में दुनिया का दूसरा सबसे बड़ा निर्माता देश बन गया है। ऐपल की फ्लेगशिप कम्पनी अब मैन्युफेक्चरिंग इन इंडिया की ओर आगे बढ़ रही हैं। इलेक्ट्रॉनिक उत्पादन 2014-15 के 1.9 लाख करोड़ रुपए से बढ़कर 2025-26 में 13.11 लाख करोड़ रुपए तक पहुंच गया है। रक्षा के क्षेत्र में भी उत्पादन एवं निर्यात तीव्र गति से आगे बढ़ रहा है। रक्षा के क्षेत्र में भारत अपनी छोटी मोटी जरूरतों के लिए अन्य देशों की ओर देखता था आज वह फिलिपींस को ब्रह्मोस मिसाईल का निर्यात कर रहा है। कई अफ्रीकी देशों को मेड इन इंडिया हेलिकोप्टर निर्यात कर रहा है। अब देश की कुल जरूरत का लगभा 65 प्रतिशत रक्षा उत्पाद देश में ही निर्मित हो रहा हैं। जो रक्षा उत्पादन वर्ष 2014-15 में 46,429 करोड़ रुपए का था वह 2025-26 में बढ़कर 1.78 लाख करोड़ रुपए के रिकार्ड स्तर पर पहुंच चुका है। रक्षा निर्यात 38,424 करोड़ रुपए के उच्चत्तम स्तर पर पहुंच चुका है। आज रक्षा के क्षेत्र में विभिन्न उत्पादों का निर्यात 100 से अधिक देशों को किया जा रहा है। ऑटोमोबाइल के क्षेत्र में उत्पादन में अतुलनीय वृद्धि दर्ज हुई है एवं फार्मा क्षेत्र में तो भारत को फार्मेसी आफ द वर्ल्ड कहा जा रहा है। भारत की एक्स्पोर्ट बास्केट भी बढ़ रही है - पेट्रोलीयम उत्पाद, इंजिनीयरिंग उत्पाद, इलेक्ट्रॉनिक्स, फार्मा, ऑटोमोबाइल, टेक्स्टायल जैसे कई क्षेत्रों में विकास दर तेजी से बढ़ रही है। भारत किसी एक सेक्टर पर निर्भर नहीं है। कई क्षेत्रों में एक साथ आगे बढ़ रहा है। दुनिया की सप्लाई चैन में भारत की नई भूमिका तय हो रही है। भारत एक लाख करोड़ अमेरिकी डॉलर का निर्यात करने की ओर आगे बढ़ रहा है। - प्रहलाद सबनानी सेवानिवृत्त उपमहाप्रबंधक, भारतीय स्टेट बैंक के-8, चेतकपुरी कालोनी, झांसी रोड, लश्कर, ग्वालियर - 474 009

प्रभासाक्षी 1 Sep 2026 4:23 pm

Stock Market Today: 6 महीने में 200% से अधिका रिटर्न, कंपनी को मिला 2329 करोड़ रुपये का कामल

Stock Market Today: 6 महीने में 200% से अधिका रिटर्न, कंपनी को मिला 2329 करोड़ रुपये का कामल

समाचार नामा 1 Sep 2026 3:10 pm

Economy Boom or Fake Data? GDP Growth 7.8% की असली सच्चाई क्या है?

वित्त वर्ष 2026-27 की पहली तिमाही में 7.8% जीडीपी (GDP) ग्रोथ के आंकड़ों पर जहां पीएम मोदी और सरकार अपनी पीठ थपथपा रहे हैं, वहीं देश के जाने-माने अर्थशास्त्रियों ने इसकी सच्चाई पर बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं।

सत्य हिंदी 1 Sep 2026 2:24 pm

धमाकेदार GDP Growth पर Sensex में 468 प्वाइंट्स की रिकवरी, 5 वजहों से Nifty फिर 24100 के पार

Stock Market Rally: उम्मीद से बेहतर जीडीपी ग्रोथ (GDP Growth) और निचले स्तर पर वैल्यू बाइंग से मार्केट को तगड़ा सपोर्ट मिला और सेंसेक्स (Sensex) और निफ्टी 50 (Nifty 50) रेड से ग्रीन हो गए। इंट्रा-डे के निचले स्तर से सेंसेक्स 468 प्वाइंट्स रिकवर हो गया तो निफ्टी भी 24100 के पार पहुंच गया। हालाकि ब्रोडर लेवल पर दबाव बना हुआ है लेकिन स्मॉलकै स्पेस में हल्की। निफ्टी मिडकैप 100 में 1% से अधिक गिरावट है तो निफ्टी स्मॉलकैप 100 हल्का लाल है।अब घरेलू इक्विटी बेंचमार्क इंडेक्सेज की बात करें तो फिलहाल 01:01 PM पर सेंसेक्स 116.77 प्वाइंट्स यानी 0.15% की बढ़त के साथ 77,074.04 और निफ्टी भी 3.75 प्वाइंट्स यानी 0.02% की बढ़त के साथ 24,084.15 पर है। इंट्रा-डे में सेंसेक्स 76,764.26 के इंट्रा-डे लो से 467.61 प्वाइंट्स रिकवर होकर 77,231.87 और निफ्टी भी 24,009.50 के इंट्रा-डे लो से 133.65 प्वाइंट्स ऊपर चढ़कर 24,143.15 तक पहुंचा था। इंट्रा-डे में सेंसेक्स 193.01 प्वाइंट्स और निफ्टी 70.90 प्वाइंट्स टूटकर इंट्रा-डे के निचले स्तर तक आया था।Stock Market Rally: ये है वजहघरेलू इकॉनमी की मजबूतीबाहरी चुनौतियों के असर को घरेलू अर्थव्यवस्था की मजबूती ने कुछ हद तक कम कर दिया। इस वित्त वर्ष 2027 की पहली तिमाही अप्रैल-जून 2026 में भारतीय अर्थव्यवस्था 7.8% की रफ्तार से बढ़ी जोकि उम्मीद से अधिक रही। यह बढ़त ऐसे समय में दिखी जब अमेरिका और ईरान के बीच युद्ध ने वैश्विक स्तर पर अनिश्चितताओं को बढ़ाया है। ऑनलाइन ट्रेडिंग और वेल्थ-टेक फर्म एनरिच मनी के सीईओ पोनमुडी आर का कहना है कि जून तिमाही में 7.8% की जीडीपी ग्रोथ आरबीआई के 7% के अनुमान और मार्केट की उम्मीद से अधिक रही।वैल्यू बाइंगएक कारोबारी दिन मार्केट में कोहराम मचा हुआ था, जिसे देखकर निवेशकों ने धड़ाधड़ पैसा डालना शुरू कर दिया। निचले स्तर पर खरीदारी से मार्केट को सपोर्ट मिला।रुपये में उछालघरेलू स्तर पर मजबूत ग्रोथ, फिस्कल स्लिपेज यानी राजकोषीय घाटे में बढ़ोतरी पर नियंत्रण और पोर्टफोलियो से जुड़े निवेश के कारण एक अमेरिकी डॉलर की तुलना में रुपया 26 पैसे बढ़कर 94.96 पर पहुंच गया जिससे मार्केट को सपोर्ट मिला।FMCG और IT Stocks से मजबूत सपोर्टमार्केट को आज एफएमसीजी और आईटी स्टॉक्स से मजबूत सपोर्ट मिला जिनके निफ्टी इंडेक्स में 1% की तेजी आई है। निफ्टी मेटल भी आधे फीसदी से अधिक मजबूत हुआ है। हालांकि दूसरी तरफ सरकारी और प्राइवेट बैंक और ऑटो कंपनियां मार्केट को नीचे खींचने की कोशिश कर रहे हैं और इनके निफ्टी इंडेक्स आदे-आधे फीसदी से अधिक टूट गए।टेक्निकल आउटलुकजियोजीत इंवेस्टमेंट्स की चीफ मार्केट स्ट्रैटेजिस्ट आनंद जेम्स का कहना है कि एक कारोबारी दिन पहले अगस्त के निचले स्तर से आई रिकवरी और उससे बने हैमर पैटर्न से बाजार में बढ़त की उम्मीद बनी है। उनका कहना है कि फिलहाल नजर 24150 या 24215 के मामूली टारगेट पर है। हालांकि अगर यह लेवल पार नहीं हो पाता है या 24060-24000 के दायरे में दोबारा गिरावट आती है, तो बाजार 23575 तक फिसल सकता है। स्टॉक मार्केट में आज की लाइव हलचल के लिए यहां जुड़ें डिस्क्लेमर: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।

ज़ी न्यूज़ 1 Sep 2026 1:04 pm

Stock Market Today: इन 2 शेयरों पर रहेगी बाजार की नजर, एक में ब्लॉक डील तो दूसरे को मिला ₹1,000 करोड़ का AI ऑर्डर

Stock Market Today: इन 2 शेयरों पर रहेगी बाजार की नजर, एक में ब्लॉक डील तो दूसरे को मिला ₹1,000 करोड़ का AI ऑर्डर

समाचार नामा 1 Sep 2026 11:15 am

Stock Market News: सितंबर के पहले दिन बाजार को लगा झटका, Sensex 140 अंक टूटा; Nifty 24,030 के करीब|

सितंबर के पहले दिन घरेलू शेयर बाजार गिरावट के साथ खुला, जहां सेंसेक्स और निफ्टी दोनों लाल निशान में कारोबार करते नजर आए।

प्रातःकाल 1 Sep 2026 10:19 am

‘दुनिया युद्ध में डूबी हुई है, भारत तेज गति से प्रगति कर रहा’, 7.8 प्रतिशत जीडीपी वृद्धि पर पीएम मोदी ने दी बधाई

New Delhi, 1 सितंबर . वित्त वर्ष 2026-27 की पहली तिमाही में देश की 7.8 प्रतिशत जीडीपी वृद्धि को लेकर Prime Minister Narendra Modi ने देशवासियों को बहुत-बहुत बधाई दी. उन्होंने कहा कि 7.8 प्रतिशत ग्रोथ से देश खुशियों से भर गया है. मैं देशवासियों को उनके संकल्प शक्ति, पुरुषार्थ के लिए बधाई देता हूं. ... Read more

डेली किरण 1 Sep 2026 9:58 am

Stock Market Today: सेंसेक्स 307 अंक टूटा, निफ्टी 24,100 के नीचे, Crude Oil ने बढ़ाई निवेशकों की चिंता

Stock Market Today: सेंसेक्स 307 अंक टूटा, निफ्टी 24,100 के नीचे, Crude Oil ने बढ़ाई निवेशकों की चिंता

समाचार नामा 1 Sep 2026 9:32 am

Stock Market Today 1 September, 2026: शेयर बाजार में आज शुरुआती कारोबार सुस्त! सेंसेक्स-निफ्टी हल्की गिरावट के साथ खुले, 1350 शेयरों में तेजी

सिंतबर 2026 के पहले कारोबारी दिन भारतीय शेयर बाजार की शुरुआत हल्की कमजोरी के साथ हुई। मिले-जुले वैश्विक संकेतों के बीच निवेशकों ने सतर्क रुख अपनाया, जिससे सेंसेक्स और निफ्टी मामूली गिरावट के साथ खुले।

ज़ी न्यूज़ 1 Sep 2026 9:30 am

India GDP Growth: पहली तिमाही में 7.8% की रफ्तार से बढ़ी अर्थव्यवस्था, RBI के अनुमान को भी छोड़ा पीछे

India GDP Growth: पहली तिमाही में 7.8% की रफ्तार से बढ़ी अर्थव्यवस्था, RBI के अनुमान को भी छोड़ा पीछे

समाचार नामा 1 Sep 2026 9:29 am

7.8% विकास दर से वैश्विक अनिश्चितताओं को मात दी, भारतीय अर्थव्यवस्था पर बोले अमित शाह

गृह मंत्री अमित शाह ने वित्त वर्ष 2026-27 की पहली तिमाही में भारतीय अर्थव्यवस्था की 7.8% विकास दर को वैश्विक अनिश्चितताओं पर देश की जीत बताया।

जागरण 1 Sep 2026 4:43 am

कांग्रेस ने भारत की पहली तिमाही की जीडीपी वृद्धि पर सवाल उठाए

New Delhi, 31 अगस्त . कांग्रेस पार्टी ने मौजूदा वैश्विक अनिश्चितताओं के मद्देनजर वित्त वर्ष 2026-27 की पहली तिमाही में India की 7.8 प्रतिशत जीडीपी वृद्धि पर सवाल उठाया है. कांग्रेस ने इसे अर्थव्यवस्था की ‘अत्यंत विकृत तस्वीर’ और ‘समय से पहले की खुशी’ बताया है. Monday को social media पर कांग्रेस नेता जयराम रमेश ... Read more

डेली किरण 31 Aug 2026 11:28 pm

PM Modi बोले- बुरा-भला कहने वालों की हार हुई, RBI के अनुमानों को पीछे छोड़ भारत की 7.8% GDP Growth

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोमवार को भारत के आर्थिक विकास पर सवाल उठाने वाले आलोचकों पर निशाना साधा। दरअसल, सरकारी आंकड़ों के अनुसार चालू वित्त वर्ष 2026-27 की अप्रैल-जून तिमाही में अर्थव्यवस्था ने उम्मीद से बेहतर 7.8 प्रतिशत की दर से वृद्धि दर्ज की है। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर प्रतिक्रिया देते हुए पीएम मोदी ने इस तिमाही वृद्धि को उत्कृष्ट प्रदर्शन बताया। उन्होंने कच्चे तेल की कीमतों के झटकों, आपूर्ति श्रृंखला में व्यवधानों और वैश्विक अनिश्चितताओं का हवाला देते हुए इसे एक अभूतपूर्व व भागीरथ उपलब्धि करार दिया। पीएम मोदी ने कहा कि बुरा-भला कहने वालों की हार हुई और भारत एक बार फिर खिल उठा! उनके ये बयान सांख्यिकी और कार्यक्रम कार्यान्वयन मंत्रालय के उस डेटा के ठीक बाद आए, जिसमें दिखाया गया कि भारत की वास्तविक सकल घरेलू उत्पाद (GDP) वित्त वर्ष 2027 की पहली तिमाही में 7.8 प्रतिशत बढ़ी। यह भारतीय रिज़र्व बैंक के 7 प्रतिशत की वृद्धि के अनुमान से ज़्यादा थी। इसे भी पढ़ें: Shivraj Chouhan का बड़ा बयान: विवेकानंद के बाद Mohan Bhagwat ने रखा हिंदुत्व का असली सार हालांकि, पहली तिमाही की यह वृद्धि पिछली तिमाही में दर्ज 8.6 प्रतिशत की बढ़ोतरी की तुलना में धीमी थी। फिर भी, यह 2025-26 की अप्रैल-जून तिमाही में दर्ज 6.9 प्रतिशत की वृद्धि से ज़्यादा थी। ताज़ा आँकड़े भी इस बात की पुष्टि करते हैं कि भारत दुनिया की सबसे तेज़ी से बढ़ती बड़ी अर्थव्यवस्था बना हुआ है। ईरान में संघर्ष और ग्लोबल एनर्जी मार्केट पर उसके असर के कारण बढ़ी हुई जियोपॉलिटिकल और आर्थिक अनिश्चितता के बावजूद भारत की विकास दर मज़बूत बनी हुई है। उम्मीद से ज़्यादा तेज़ी से हुए इस विस्तार से पता चलता है कि एनर्जी की ज़्यादा कीमतों, महंगाई के दबाव और ग्लोबल स्तर पर कम मांग की चिंताओं के बावजूद घरेलू आर्थिक गतिविधियाँ मज़बूत बनी हुई हैं। RBI ने अनुमान लगाया है कि पूरे 2026-27 फाइनेंशियल ईयर के दौरान भारत की अर्थव्यवस्था 6.7 प्रतिशत की दर से बढ़ेगी। इसे भी पढ़ें: Haldwani FIR: Jairam Ramesh का BJP-RSS पर हमला, दलितों के अपमान पर चुप क्यों सरकार? MoSPI के अनुसार, वित्त वर्ष 2027 की पहली तिमाही में स्थिर कीमतों पर वास्तविक GDP का अनुमान 81.36 लाख करोड़ रुपये लगाया गया था, जबकि पिछले वित्त वर्ष की इसी तिमाही में यह 75.46 लाख करोड़ रुपये था। मौजूदा कीमतों पर नॉमिनल GDP का अनुमान 88.27 लाख करोड़ रुपये लगाया गया, जबकि वित्त वर्ष 2026 की पहली तिमाही में यह 80 लाख करोड़ रुपये था; यह 10.3 प्रतिशत की विकास दर को दर्शाता है।

प्रभासाक्षी 31 Aug 2026 5:42 pm

Q1 GDP Data: भारतीय अर्थव्यवस्था की शानदार छलांग, 7.8% Growth Rate ने विशेषज्ञों को चौंकाया

अप्रैल-जून तिमाही में भारत की अर्थव्यवस्था उम्मीद से ज़्यादा तेज़ी से बढ़ी। इससे ईरान युद्ध के कारण विकास दर में भारी गिरावट की आशंका कम हुई और एशिया की तीसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था की मज़बूती भी साबित हुई। सोमवार को सांख्यिकी और कार्यक्रम कार्यान्वयन मंत्रालय के आंकड़ों से पता चला कि अप्रैल में शुरू हुए वित्त वर्ष की पहली तिमाही में सकल घरेलू उत्पाद (GDP) में पिछले साल के मुकाबले 7.8% की बढ़ोतरी हुई। यह ब्लूमबर्ग के अर्थशास्त्रियों के सर्वे में लगाए गए 7.3% के अनुमान से ज़्यादा था, लेकिन पिछली तिमाही में हुई 7.8% की बढ़ोतरी के बराबर है। इसे भी पढ़ें: Shree Cement का Q1 Results: पहली तिमाही में शुद्ध लाभ 17.48% घटकर 531 करोड़ रुपये रहा भारतीय रिज़र्व बैंक ने अप्रैल-जून तिमाही के लिए 7% की ग्रोथ का अनुमान लगाया था और उसे उम्मीद है कि इस वित्त वर्ष में अर्थव्यवस्था 6.7% बढ़ेगी। बेहतर प्रदर्शन से ग्लोबल निवेशकों के सामने सरकार की हालिया बात को और बल मिलता है कि भारत बाहरी झटकों का सामना कर सकता है। यह दक्षिण एशियाई देश होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) के बंद होने से खास तौर पर प्रभावित हो सकता है, जो तेल की सप्लाई के लिए एक अहम रास्ता है; यह देश अपना लगभग 90% कच्चा तेल आयात करता है। इसे भी पढ़ें: SpaceX को पहली तिमाही में 54.1 करोड़ डॉलर का घाटा, बढ़ा राजस्व भारत दुनिया की सबसे तेज़ी से बढ़ने वाली बड़ी अर्थव्यवस्था बना हुआ है, लेकिन इसकी रफ़्तार उस 9.25% सालाना ग्रोथ से कम है, जिसे सरकार प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 2047 तक विकसित देश बनने के लक्ष्य को पाने के लिए ज़रूरी मानती है। तेज़ ग्रोथ से ब्याज दरों को लेकर हालात मुश्किल हो सकते हैं। RBI ने अगस्त में अपनी बेंचमार्क दर को 5.25% पर ही बनाए रखा, हालांकि पॉलिसी बनाने वालों ने संकेत दिया है कि अगर महंगाई का दबाव बढ़ता है, तो इस साल के आखिर में दरों में बढ़ोतरी की ज़रूरत पड़ सकती है।

प्रभासाक्षी 31 Aug 2026 5:02 pm

भारतीय अर्थव्यवस्था की तूफानी रफ्तार जारी, अप्रैल-जून तिमाही में 7.8 प्रतिशत रही विकास दर

Mumbai , 31 अगस्त . भारतीय अर्थव्यवस्था की तूफानी रफ्तार जारी है. वित्त वर्ष 27 की पहली तिमाही (अप्रैल-जून) में विकास दर 7.8 प्रतिशत रही है. यह पिछले साल की समान अवधि की विकास दर 6.9 प्रतिशत से 0.9 प्रतिशत ज्यादा है. यह जानकारी सांख्यिकी और कार्यक्रम कार्यान्वयन मंत्रालय की ओर से Monday को दी ... Read more

डेली किरण 31 Aug 2026 4:48 pm

वित्त वर्ष 27 में भारत की रियल जीडीपी वृद्धि दर 7-7.2 प्रतिशत रहने की उम्मीद

नई दिल्ली, भारत की रियल जीडीपी वृद्धि दर वित्त वर्ष 27 में 7-7.2 प्रतिशत के बीच रहने की उम्मीद है।

देशबन्धु 31 Aug 2026 4:28 pm

GDP Growth: जून तिमाही में 7.8% रही भारत की जीडीपी ग्रोथ, सर्विसेज सेक्टर की ग्रोथ सबसे ज्यादा

GDP Growth:इस वित्त वर्ष की पहली तिमाही में भारत की अर्थव्यवस्था का प्रदर्शन अच्छा रहा है। जून तिमाही में जीडीपी की ग्रोथ 7.8 फीसदी रही। यह एनालिस्ट्स और इकोनॉमिस्ट्स के अनुमान से ज्यादा है। खास बात यह है कि जून तिमाही में भारत की जीडीपी ग्रोथ तब 7.8 फीसदी रही, जब वैश्विक स्थितियां काफी चैलेंजिंग थीं।मार्च तिमाही में जीडीपी ग्रोथ 8.6 फीसदीइस साल मार्च तिमाही में भारत में जीडीपी ग्रोथ 8.6 फीसदी थी। मिनिस्ट्री ऑफ स्टैटिस्टिक्स एंड प्रोग्राम इंप्लिमेंटेशन (MoSPI) ने 31 अगस्त को जून तिमाही के जीडीपी के डेटा जारी किए। जीडीपी की ग्रोथ अनुमान से ज्यादा रही। मनीकंट्रोल के पोल में इकोनॉमिस्ट्स ने जून तिमाही में जीडीपी ग्रोथ 7.3 फीसदी रहने का अनुमान जताया था।जून तिमाही में जीवीए 8.2 फीसदी रहाजून तिमाही में ग्रॉस वैल्यू एडेड (GVA) 8.2 फीसदी रहा। मार्च तिमाही में यह 8.7 फीसदी था। जीवीए का मतलब इकोनॉमी में उत्पादित गुड्स और सर्विसेज की कुल वैल्यू से है। इसमें नेट इनडायरेक्ट टैक्स शामिल नहीं होता है। जून तिमाही में अर्थव्यवस्था के शानदार प्रदर्शन में सर्विसेज और इनवेस्टमेंट का बड़ा हाथ है।पहली तिमाही में सर्विसेज सेक्टर की ग्रोथ सबसे ज्यादाजून तिमाही में सर्विसेज का प्रदर्शन सबसे अच्छा रहा। इसकी ग्रोथ 10 फीसदी रही। एक साल पहले की समान अवधि में सर्विसेज सेक्टर की ग्रोथ 8 फीसदी थी। मैन्युफैक्चरिंग की ग्रोथ 9.2 फीसदी रही। कंस्ट्रक्शन सेक्टर की ग्रोथ 7.7 फीसदी रही। ट्रेड, होटल्स, ट्रांसपोर्ट, कम्युनिकेशन और ब्रॉडकास्टिंग से संबंधित सर्विसेज सेगमेंट की ग्रोथ 8.5 फीसदी रही।पहली तीमाही में मध्यपूर्व में लड़ाई का असर इकोनॉमी परजून तिमाही का मतलब अप्रैल, मई और जून के महीनों से है। अमेरिका और ईरान के बीच 28 फरवरी को लड़ाई शुरू हुई थी। जून तिमाही में ज्यादातर समय ईरान को अमेरिकी हमले का सामना करना पड़ा। ईरान ने कई खाड़ी देशों में अमेरिकी ठिकानों पर जवाबी हमले किए।क्रूड ऑयल की कीमतें काफी समय तक 100 डॉलर से ऊपर रहींइस दौरान स्ट्रेट ऑफ होर्मुज से क्रूड ऑयल सहित दूसरी कमोडिटीज की सप्लाई पर काफी ज्यादा असर पड़ा। क्रूड की कीमतें आसमान में पहुंच गईं। लेकिन, सरकार के कैपिटल एक्सपेंडिचर जारी रखने से आर्थिक गतिविधियों को काफी सपोर्ट मिला।

ज़ी न्यूज़ 31 Aug 2026 4:24 pm

31 August, 2026 Stock Market Highlights: बड़ी गिरावट के साथ बंद हुआ शेयर बाजार- अडाणी पोर्ट्स, आईटीसी में भारी नुकसान

सोमवार को बीएसई सेंसेक्स 307.24 अंकों (0.40 प्रतिशत) की गिरावट के साथ 76,957.27 अंकों पर बंद हुआ।

ज़ी न्यूज़ 31 Aug 2026 4:00 pm

जीएसटी 2.0 से भारतीय अर्थव्यवस्था को पश्चिमी एशिया युद्ध से आई अस्थिरता का सामना करने में मिली मदद: मारुति सुजुकी चेयरमैन

नई दिल्ली, 31 अगस्त (आईएएनएस)। मारुति सुजुकी इंडिया के चेयरमैन आरसी भार्गव ने सोमवार को कहा कि जीएसटी 2.0 से ऑटो सेक्टर के साथ अर्थव्यवस्था के कई सेक्टर्स को फायदा हुआ है, जिससे देश को पश्चिमी एशिया युद्ध से आई अस्थिरता का मजबूती से सामना करने में मदद मिली है।

समाचार नामा 31 Aug 2026 2:36 pm

Stock Market Today 31 August, 2026: लाल निशान में खुला बाजार- इंडिगो, इन्फोसिस, टाटा स्टील में बड़ी गिरावट

सोमवार को सेंसेक्स की 30 में से सिर्फ 4 कंपनियों के शेयर ही बढ़त के साथ हरे निशान में खुले और बाकी की सभी 26 कंपनियों के शेयर गिरावट के साथ लाल निशान में खुले।

ज़ी न्यूज़ 31 Aug 2026 9:34 am

Stock Market: 7 बड़ी कंपनियों का ₹1.13 लाख करोड़ मार्केट कैप घटा, Airtel को सबसे बड़ा झटका

Stock Market: 7 बड़ी कंपनियों का ₹1.13 लाख करोड़ मार्केट कैप घटा, Airtel को सबसे बड़ा झटका

समाचार नामा 31 Aug 2026 8:58 am

Stock Market LIVE Updates : GIFT Nifty से मिल रहे कमजोर शुरुआत के संकेत, US और एशियाई बाजारों में गिरावट

Stock Market LIVE Updates :कमजोर ग्लोबल संकेतों के बीच सोमवार,31 अगस्त को बाजार में गिरावट के साथ शुरुआत होने की उम्मीद है। गिफ्ट निफ्टी के ट्रेंड्स से भी भारतीय बेंचमार्क इंडेक्स के लिए कमजोर शुरुआत का संकेत मिल रहे हैं। गिफ्ट निफ्टी लगभग 24,232 पर ट्रेड कर रहा है,जो निफ्टी फ्यूचर्स की पिछली क्लोजिंग से 110 अंक नीचे है। हालांकि पिछले सेशन में घरेलू इक्विटी इंडेक्स बढ़त के साथ बंद हुए थे। निफ्टी ने 24,100 के लेवल के ऊपर क्लोजिंग दी थी। सेंसेक्स 330.92 अंक या 0.43% चढ़कर 77,264.51 पर बंद हुआ था, जबकि निफ्टी 84.80 अंक या 0.35% की बढ़त के साथ 24,175.65 पर बंद हुआ था।

ज़ी न्यूज़ 31 Aug 2026 7:49 am

भारत की आर्थिक शक्ति का प्रदर्शन: 7.8% की जीडीपी वृद्धि को पीएम मोदी ने बताया असाधारण उपलब्धि, जानिए क्या बोले

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने वित्त वर्ष 2026-27 की पहली तिमाही में भारत की 7.8 फीसदी सकल घरेलू उत्पाद वृद्धि को असाधारण उपलब्धि बताया। वैश्विक चुनौतियों के बावजूद देश की सामूहिक शक्ति ने यह वृद्धि सुनिश्चित की।

ज़ी न्यूज़ 31 Aug 2026 5:08 am

भारत की रियल जीडीपी वृद्धि दर वित्त वर्ष 27 में 7-7.2 प्रतिशत रहने की उम्मीद

New Delhi, 30 अगस्त . India की रियल जीडीपी वृद्धि दर वित्त वर्ष 27 में 7-7.2 प्रतिशत के बीच रहने की उम्मीद है. इसे मजबूत घरेलू खपत और Government के पूंजीगत खर्च से समर्थन मिलेगा. यह जानकारी ईवाई की रिपोर्ट में दी गई. इस दौरान India की नॉमिनल जीडीपी वृद्धि दर 12.5-13 प्रतिशत के बीच ... Read more

डेली किरण 30 Aug 2026 6:43 pm

Stock Market Opening : हफ्ते की शानदार शुरुआत! 189 अंक चढ़कर खुला Nifty, सेंसेक्स 788 अंक ऊपर

Stock Market Opening :हफ्ते की शानदार शुरुआत! 189 अंक चढ़कर खुला Nifty, सेंसेक्स 788 अंक ऊपर

समाचार नामा 3 Aug 2026 9:42 am

Stock Market Timing Change: निवेशकों के लिए बड़ी खबर! आज से बदल गई NSE-BSE की ट्रेडिंग टाइमिंग, देखें नया शेड्यूल

Stock Market Timing Change: निवेशकों के लिए बड़ी खबर! आज से बदल गई NSE-BSE की ट्रेडिंग टाइमिंग, देखें नया शेड्यूल

समाचार नामा 3 Aug 2026 9:14 am