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तीन साल में आय दोगुनी करने का सुझाया प्लान:बस्तर में डेयरी, सिंचाई और पर्यटन से बढ़ेगी कमाई

बस्तर को अब आर्थिक विकास, रोजगार और आधुनिक सुविधाओं के नए मॉडल के रूप में विकसित करने की तैयारी है। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने गुरुवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में नई दिल्ली में आयोजित नीति आयोग की गवर्निंग काउंसिल की बैठक में बस्तर के लिए विशेष विकास रोडमैप पेश किया। उन्होंने कहा कि विकसित भारत-2047 के विजन के अनुरूप छत्तीसगढ़ को विकसित राज्य बनाने की दिशा में तेजी से काम किया जा रहा है। अगले तीन वर्षों में बस्तर के परिवारों की मासिक आय बढ़ाकर 30 हजार रुपए तक पहुंचाने का लक्ष्य है। मुख्यमंत्री ने बताया कि फिलहाल बस्तर के करीब 85 प्रतिशत परिवारों की मासिक आय 15 हजार रुपए से कम है। इसे बढ़ाने के लिए खेती, पशुपालन, वन उपज, पर्यटन और ग्रामीण उद्यमिता को बढ़ावा दिया जाएगा। सरकार का फोकस ऐसे स्थायी आय स्रोत विकसित करने पर है। इनसे आदिवासी और ग्रामीण परिवारों की आर्थिक स्थिति मजबूत होगी। बस्तर में डेयरी मॉडल को लागू कर आदिवासी परिवारों को दुधारू गाय और भैंस उपलब्ध कराई जाएंगी। इससे दूध उत्पादन बढ़ेगा और गांवों में डेयरी केंद्र, संग्रहण, परिवहन तथा स्थानीय बाजार जैसी आर्थिक गतिविधियों का विस्तार होगा। सरकार का मानना है कि इससे महिलाओं और युवाओं को स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर मिलेंगे। खेती को लाभकारी बनाने के लिए 2 हजार करोड़ रुपए से अधिक लागत की दो बड़ी सिंचाई परियोजनाएं शुरू की जाएंगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि बस्तर को पर्यटन के बड़े केंद्र के रूप में विकसित किया जा रहा है। चित्रकोट सहित प्रमुख पर्यटन स्थलों पर सुविधाओं का विस्तार किया जा रहा है। वॉटर स्पोर्ट्स, एडवेंचर स्पोर्ट्स और जंगल सफारी जैसी गतिविधियों को बढ़ावा दिया जाएगा। इससे होटल, परिवहन, गाइड, हस्तशिल्प और स्थानीय कारोबार से जुड़े लोगों के लिए रोजगार और स्वरोजगार के अवसर बढ़ेंगे। बैठक में मुख्यमंत्री ने स्वास्थ्य और शिक्षा क्षेत्र की योजनाओं की भी जानकारी दी। सेमीकंडक्टर से एआई तक, तकनीक आधारित विकास पर फोकस : मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य में 435 सुधार लागू किए गए हैं तथा निवेश को बढ़ावा देने के लिए सिंगल विंडो सिस्टम को मजबूत किया गया है। सेमीकंडक्टर क्षेत्र की दो इकाइयां स्थापित की जा रही हैं। एग्रीस्टैक योजना से 33 लाख से अधिक किसानों को डिजिटल सेवाओं से जोड़ा गया है। सरकार ने एआई मिशन, पर्यटन मिशन, खेल मिशन, अधोसंरचना मिशन और स्टार्टअप-निपुण मिशन शुरू किए हैं। मुख्यमंत्री के अनुसार, ओडीओपी योजना से स्थानीय उत्पादों को नए बाजार मिले हैं। फरवरी 2026 तक राज्य का निर्यात 761.76 करोड़ रुपए पहुंच गया, जिसमें खुशबूदार चावल का सबसे बड़ा योगदान रहा।

दैनिक भास्कर 12 Jun 2026 5:30 am

तीर्थ यात्रा योजना के आवेदन में उदयपुर चौथे नंबर पर, 5 हजार 78 बुजुर्गों ने किया आवेदन

वरिष्ठ नागरिक तीर्थ यात्रा योजना में इस बार उदयपुर संभाग के बुजुर्गों ने भी बढ़-चढ़कर रुचि दिखाई है। देवस्थान विभाग को प्रदेशभर से मिले 1.14 लाख से अधिक आवेदनों में उदयपुर से 5078 आवेदन आए हैं। इस तरह उदयपुर आवेदन संख्या के मामले में प्रदेश में चौथे स्थान पर रहा। केवल जयपुर, जोधपुर और कोटा ही उदयपुर से आगे रहे। योजना के तहत इस वर्ष 56 हजार वरिष्ठ नागरिकों को तीर्थ यात्रा कराई जानी है, जबकि आवेदकों की संख्या 1.92 लाख से अधिक पहुंच गई है। खास बात यह है कि 1.10 लाख से ज्यादा यात्रियों ने हवाई यात्रा में रुचि दिखाई है, जबकि 6 हजार यात्रियों को ही विमान से नेपाल स्थित पशुपतिनाथ मंदिर जाना है। आवेदन प्रक्रिया पूरी होने के बाद अब विभाग डेटा शीट तैयार कर रहा है। इसके बाद ड्रॉ निकालकर जिलेवार पात्र यात्रियों का चयन किया जाएगा। चयनित यात्रियों को निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार विभिन्न तीर्थ स्थलों के लिए रवाना किया जाएगा। हवाई यात्रा को लेकर इस बार वरिष्ठ नागरिकों में विशेष उत्साह दिखाई दिया है। वहीं, ट्रेन से रामेश्वरम-मदुरै यात्रा सबसे अधिक पसंद की गई, जबकि बिहार शरीफ और पटना साहिब के लिए अपेक्षाकृत कम आवेदन आए हैं। सबसे ज्यादा रामेश्वरम-मदुरै जाने के इच्छुक बुजुर्ग यात्री वरिष्ठ नागरिक तीर्थ यात्रा योजना के आंकड़े इस बार प्रतिस्पर्धा का स्तर भी बता रहे हैं। सरकार ने 6 हजार यात्रियों को हवाई यात्रा और 50 हजार यात्रियों को ट्रेन यात्रा कराने का लक्ष्य रखा है। हवाई यात्रा के लिए 1 लाख 10 हजार 413 यात्रियों ने सहमति दी है। इस हिसाब से विमान की प्रत्येक सीट के लिए करीब 18 आवेदक दावेदारी कर रहे हैं। दूसरी ओर ट्रेन यात्रा के लिए पात्र यात्रियों की संख्या 1 लाख 92 हजार है, जबकि सीटें 50 हजार ही उपलब्ध हैं। यानी ट्रेन की प्रत्येक सीट पर लगभग 4 आवेदक हैं। ड्रॉ में चयन की संभावना हवाई यात्रा के मुकाबले ट्रेन यात्रा में अधिक रहेगी। यात्रा स्थलों की बात करें तो रामेश्वरम-मदुरै के लिए 76 हजार 850 यात्रियों ने आवेदन किया है, जबकि जगन्नाथपुरी-कोणार्क के लिए 22 हजार 269 यात्रियों ने रुचि दिखाई। बिहार शरीफ और पटना साहिब के लिए सबसे कम आवेदन प्राप्त हुए हैं।

दैनिक भास्कर 12 Jun 2026 5:30 am

सहारनपुर DM ने शाकंभरी देवी क्षेत्र का दौरा किया:बाढ़ सुरक्षा, CCTV और पर्यटन हब बनाने के निर्देश दिए

सहारनपुर के डीएम अरविंद कुमार चौहान ने गुरुवार शाम को शाकंभरी देवी मंदिर क्षेत्र का दौरा किया। उन्होंने बाढ़ सुरक्षा, पर्यटन विकास और श्रद्धालुओं की सुविधाओं से जुड़े कार्यों की समीक्षा की और संबंधित विभागों को सुरक्षा तथा विकास कार्यों को समयबद्ध एवं गुणवत्तापूर्ण तरीके से पूरा करने के निर्देश दिए। इससे पूर्व,डीएम ने मां शाकंभरी देवी मंदिर में पूजा-अर्चना कर क्षेत्र की सुख-समृद्धि की कामना की। निरीक्षण के दौरान, डीएम ने मंदिर परिसर और आसपास के क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था सुदृढ़ करने के निर्देश दिए। इसमें पब्लिक एड्रेस (पीए) सिस्टम, सीसीटीवी कैमरे और अर्ली वार्निंग तथा अर्ली अलार्म सिस्टम स्थापित करना शामिल है। उन्होंने जोर दिया कि किसी भी आपदा या आपात स्थिति में श्रद्धालुओं को तत्काल सूचना उपलब्ध कराने के लिए आधुनिक तकनीक का उपयोग आवश्यक है। डीएम ने मंदिर क्षेत्र के बाजार और दुकानों का भी निरीक्षण किया। उन्होंने दुकानदारों को आसपास नियमित साफ-सफाई बनाए रखने तथा दुकानों को सुव्यवस्थित ढंग से संचालित करने के निर्देश दिए। उनका मत था कि एक व्यवस्थित और आकर्षक बाजार क्षेत्र पर्यटन को बढ़ावा देने के साथ-साथ श्रद्धालुओं को भी बेहतर अनुभव प्रदान करेगा। पर्यटन सुविधाओं के विस्तार के लिए, जिलाधिकारी ने पर्यटन थाना स्थापित करने हेतु उपयुक्त भूमि का शीघ्र चिन्हांकन करने के निर्देश दिए। उन्होंने यह भी कहा कि स्थायी भवन के निर्माण तक एक अस्थायी पर्यटन थाना संचालित किया जाए,ताकि पर्यटकों और श्रद्धालुओं को तत्काल सुरक्षा संबंधी सहायता मिल सके। बैठक में प्रस्तावित पुल निर्माण कार्य की भी समीक्षा की गई। डीएम ने कार्यदायी संस्था को निर्देश दिए कि पुल का निर्माण निर्धारित समयसीमा में उच्च गुणवत्ता मानकों के साथ पूरा किया जाए। उन्होंने आवश्यकता पड़ने पर विशेषज्ञों की तकनीकी राय लेने की बात भी कही,ताकि निर्माण कार्य में कोई कमी न रहे। डीएम ने निर्देश दिए कि शाकंभरी देवी क्षेत्र को सुरक्षित, स्वच्छ और आधुनिक धार्मिक पर्यटन स्थल के रूप में विकसित करने के लिए सभी विभाग आपसी समन्वय के साथ कार्य करें। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को विकास कार्यों की नियमित समीक्षा करने और उन्हें तय समय पर पूरा कराने के निर्देश भी दिए। इस दौरान विभिन्न विभागों के अधिकारी और कार्यदायी संस्थाओं के प्रतिनिधि उपस्थित रहे।

दैनिक भास्कर 11 Jun 2026 9:27 pm

नीति-आयोग की बैठक में बस्तर के विकास का रोडमैप पेश:सीएम बोले-दूध, सिंचाई, रोजगार और पर्यटन को मिलेगा बढ़ावा, इनकम 30 हजार करने का लक्ष्य

नई दिल्ली में हुई नीति आयोग की बैठक में मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने बस्तर के विकास का बड़ा रोडमैप पेश किया। उन्होंने कहा कि बस्तर अब नक्सलवाद की पहचान से बाहर निकलकर रोजगार, खेती, पर्यटन और शिक्षा के क्षेत्र में नई पहचान बनाएगा। मुख्यमंत्री ने बताया कि सरकार का लक्ष्य अगले तीन साल में बस्तर के हर परिवार की औसत मासिक आय बढ़ाकर 30 हजार रुपए तक पहुंचाना है। अभी बस्तर के अधिकांश परिवारों की मासिक आय 15 हजार रुपए से कम है। इसके लिए खेती, पशुपालन, वन उपज, छोटे उद्योग और सरकारी योजनाओं के जरिए लोगों की आमदनी बढ़ाने पर काम किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि बस्तर में दूध उत्पादन बढ़ाने के लिए डेयरी मॉडल लागू किया जा रहा है। आदिवासी परिवारों को गाय और भैंस उपलब्ध कराई जाएंगी, जिससे उन्हें नियमित आय का साधन मिलेगा। इससे महिलाओं और युवाओं के लिए भी रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे। खेती को मजबूत बनाने के लिए 2 हजार करोड़ रुपए से अधिक की लागत वाली दो बड़ी सिंचाई परियोजनाएं शुरू की जा रही हैं। इनसे 32 हजार हेक्टेयर क्षेत्र में सिंचाई सुविधा मिलेगी। इससे किसान धान के अलावा सब्जियां, फल और दूसरी फसलें भी उगा सकेंगे। मुख्यमंत्री ने बताया कि बस्तर में करीब 36 लाख लोगों की डिजिटल हेल्थ प्रोफाइल तैयार की जा रही है। इससे मरीजों के इलाज और स्वास्थ्य संबंधी जानकारी सुरक्षित रहेगी और डॉक्टरों को बेहतर इलाज में मदद मिलेगी। उन्होंने कहा कि बस्तर के करीब 200 सुरक्षा शिविरों को अब सेवा डेरा के रूप में विकसित किया जा रहा है। यहां लोगों को राशन, पेंशन, आयुष्मान कार्ड, बैंकिंग, स्वास्थ्य और शिक्षा सहित कई सरकारी योजनाओं का लाभ एक ही जगह पर मिलेगा। पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए चित्रकोट और सिरपुर को विश्वस्तरीय पर्यटन स्थल के रूप में विकसित किया जा रहा है। बस्तर में जंगल सफारी, वॉटर स्पोर्ट्स और एडवेंचर टूरिज्म जैसी गतिविधियों को भी बढ़ावा दिया जाएगा। इससे स्थानीय लोगों और युवाओं को रोजगार मिलेगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार शिक्षा, स्वास्थ्य, तकनीक और कौशल विकास के क्षेत्र में भी तेजी से काम कर रही है। अबूझमाड़ और जगरगुंडा में एजुकेशन सिटी बनाई जा रही है। साथ ही स्मार्ट क्लास और आधुनिक शिक्षा सुविधाओं का विस्तार किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि राज्य में निवेश बढ़ाने और नए उद्योग स्थापित करने पर भी जोर दिया जा रहा है। सेमीकंडक्टर, इलेक्ट्रॉनिक्स, टेक्सटाइल और अन्य क्षेत्रों में नए उद्योग लगने से रोजगार के अवसर बढ़ेंगे। मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार का उद्देश्य बस्तर और पूरे छत्तीसगढ़ को विकास, रोजगार और आत्मनिर्भरता की दिशा में तेजी से आगे बढ़ाना है।

दैनिक भास्कर 11 Jun 2026 8:52 pm

बापना बने यूसीसीआई अध्यक्ष, 28 वोटों से जीते; पर्यटन-मार्बल के साथ फार्मा, फूड व फर्नीचर सेक्टर से रोजगार लाने का लक्ष्य

झीलों की नगरी के सबसे बड़े औद्योगिक और व्यापारिक संगठन उदयपुर चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री (यूसीसीआई) की कमान अब संदीप बापना के हाथों में होगी। वर्ष 2026-27 के लिए हुए ऑनलाइन चुनावों में बापना ने कड़े मुकाबले में पूर्व अध्यक्ष मनीष गलूंडिया को 28 वोटों से हराया है। नई कार्यकारिणी ने कुर्सी संभालते ही उदयपुर के औद्योगिक विकास का खाका खींच दिया है। अब तक केवल टूरिज्म, मार्बल और हैंडीक्राफ्ट पर निर्भर रहने वाले उदयपुर में अब फूड, फार्मा, गारमेंट फिनिशिंग और फर्नीचर जैसे नए उद्योग स्थापित कर रोजगार के नए दरवाजे खोलने की तैयारी है। इस चुनाव की सबसे रोचक बात यह रही कि अध्यक्ष पद पर निर्वाचित संदीप बापना से ज्यादा वोट वरिष्ठ उपाध्यक्ष और उपाध्यक्ष पद के उम्मीदवारों को मिले। चुनाव अधिकारी बी.आर. भाटी ने बताया कि अंशुल मोगरा वरिष्ठ उपाध्यक्ष और कपिल सुराणा उपाध्यक्ष चुने गए हैं। नई टीम का मास्टर प्लान- आमली रीको एरिया में सभी उद्योगों को अनुमति दिलाना और जमीन कन्वर्जन को आसान बनाना नवनिर्वाचित अध्यक्ष संदीप बापना ने अपना स्पष्ट किया। उन्होंने कहा कि उदयपुर में इंडस्ट्रियल प्रोडक्ट पर फोकस बढ़ाने का समय आ गया है। शहर के पास आमली रीको एरिया को व्हाइट इंडस्ट्री (प्रदूषण मुक्त या सीमित उद्योग) के लिए रिजर्व किया गया है। इसलिए वहां न तो प्लॉट बिक रहे हैं और न ही नए उद्योग आ रहे हैं। नई टीम सरकार से पैरवी कर इसे सामान्य उद्योगों के लिए खुलवाने का प्रयास करेगी। इसके अलावा उद्योगों के लिए जमीन कन्वर्जन में लगने वाला लंबा समय बड़ी बाधा है। यूसीसीआई ऐसे नियम बनवाने का प्रयास करेगी जिससे जमीन का टाइटल तेजी से बदल सके। इलेक्ट्रिक आइटम, फूड प्रोडक्ट और फर्नीचर उद्योग को उदयपुर लाने के लिए विशेष रोडमैप तैयार किया जाएगा।

दैनिक भास्कर 11 Jun 2026 5:30 am

समर एडवेंचर कैंप से हिसार लौटा छात्रों का पहला दल:विद्यार्थियों ने साझा किए रोमांचक अनुभव, बोले-नई चुनौतियों का सामना करना सीखा

हरियाणा स्कूल शिक्षा परियोजना परिषद के तत्वावधान में जिला हिसार के 18 पीएमश्री विद्यालयों के 90 मेधावी विद्यार्थियों और 3 एस्कॉर्ट शिक्षकों का पहला दल समर एडवेंचर कैंप-2026 में सहभागिता के बाद बुधवार को मनाली से हिसार लौट आया। यह दल 5 जून को जिला परियोजना समन्वयक (डीपीसी) विजेंद्र सिंह के निर्देशन और एपीसी सुधीर कुमार के मार्गदर्शन में मनाली के लिए रवाना हुआ था। विद्यार्थियों के साथ एस्कॉर्ट टीचर्स के रूप में नरेश कुमार श्योराण (प्रवक्ता हिंदी), अर्चना बूरा (प्रवक्ता अंग्रेजी) और राजबाला (प्रवक्ता अंग्रेजी) ने अपनी जिम्मेदारियों का निर्वहन किया। विद्यार्थियों में साहसिक भावना जागृत करना उद्देश्य समर एडवेंचर कैंप का मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों में साहसिक भावना, नेतृत्व क्षमता, टीमवर्क, आत्मविश्वास तथा पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूकता विकसित करना है। कैंप के दौरान सभी 90 प्रतिभागी विद्यार्थियों ने रॉक क्लाइंबिंग, रिवर क्रॉसिंग, तीरंदाजी, प्रकृति अध्ययन तथा टीम बिल्डिंग गतिविधियों में भाग लिया। हिसार पहुंचने के बाद विद्यार्थियों ने अपने अनुभव डीपीसी विजेंद्र सिंह के साथ साझा किए। विद्यार्थियों ने बताया कि इस प्रकार के एडवेंचर कैंप उन्हें नई चुनौतियों का सामना करना सिखाते हैं और उनमें आत्मविश्वास, अनुशासन तथा सामूहिक कार्य करने की भावना विकसित करते हैं। डीपीसी बोले- छात्रों में नेतृत्व कौशल विकसित करने के अवसर प्रदान करना जरूरी डीपीसी विजेंद्र सिंह ने कहा कि ऐसे कैंप विद्यार्थियों के समग्र विकास के लिए अत्यंत आवश्यक हैं। उन्होंने जोर दिया कि वर्तमान समय में बच्चों को शैक्षणिक ज्ञान के साथ-साथ व्यवहारिक एवं नेतृत्व कौशल विकसित करने के अवसर प्रदान करना भी जरूरी है। समर एडवेंचर कैंप-2026 के सफल आयोजन और कुशल नेतृत्व के लिए सभी प्रतिभागी विद्यार्थियों एवं एस्कॉर्ट शिक्षकों ने डीपीसी विजेंद्र सिंह तथा एपीसी सुधीर कुमार का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि इस तरह के अनुभव उनके जीवन में सकारात्मक बदलाव लाएंगे और भविष्य में बेहतर नागरिक बनने की दिशा में प्रेरित करेंगे।

दैनिक भास्कर 10 Jun 2026 8:38 pm

नई कलेक्टर ने बताईं बलरामपुर के विकास की प्राथमिकताएं:स्वास्थ्य, शिक्षा और पर्यटन रहेंगी प्राथमिकता,कहा- अंतिम व्यक्ति तक योजनाओं का लाभ पहुंचाना प्रशासन की जिम्मेदारी

बलरामपुर जिले की नवपदस्थ कलेक्टर चंदन संजय त्रिपाठी ने पदभार संभालने के बाद पहली बार पत्रकारों से संवाद किया। कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में आयोजित पत्रकार वार्ता में उन्होंने जिले के विकास की प्राथमिकताओं, प्रशासनिक कार्ययोजना और आगामी रणनीति की जानकारी साझा की। मीडिया प्रतिनिधियों से चर्चा के दौरान कलेक्टर ने स्पष्ट किया कि स्वास्थ्य, शिक्षा, कुपोषण उन्मूलन, बाल विवाह की रोकथाम और पर्यटन विकास प्रशासन के प्रमुख फोकस क्षेत्रों में शामिल रहेंगे। विभागों की समीक्षा, विकासखंडों का दौरा शुरू कलेक्टर त्रिपाठी ने बताया कि पदभार ग्रहण करने के बाद से विभिन्न विभागों के कार्यों की समीक्षा की जा रही है। इसके साथ ही उन्होंने जिले के अलग-अलग विकासखंडों का दौरा कर स्थानीय समस्याओं, जरूरतों और विकास संबंधी चुनौतियों को समझने का प्रयास किया है। उन्होंने कहा कि बलरामपुर-रामानुजगंज जिला भौगोलिक दृष्टि से बड़ा और विविधताओं से भरपूर है। यहां विकास की कई चुनौतियां हैं, लेकिन संभावनाएं भी उतनी ही व्यापक हैं, जिन्हें योजनाबद्ध तरीके से आगे बढ़ाया जाएगा। दूरस्थ क्षेत्रों तक पहुंचेंगी बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं कलेक्टर ने कहा कि जिले के अंतिम व्यक्ति तक गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सुविधाएं पहुंचाना प्रशासन की प्राथमिक जिम्मेदारी है। विशेष रूप से दूरस्थ और वनांचल क्षेत्रों में स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करने, अस्पतालों की व्यवस्थाओं में सुधार लाने और चिकित्सा सुविधाओं की उपलब्धता बढ़ाने पर जोर दिया जाएगा। शिक्षा की गुणवत्ता सुधारने पर रहेगा फोकस शिक्षा क्षेत्र को लेकर उन्होंने कहा कि विद्यालयों में शैक्षणिक गुणवत्ता बढ़ाने, विद्यार्थियों की नियमित उपस्थिति सुनिश्चित करने और बेहतर शिक्षण वातावरण तैयार करने के लिए ठोस प्रयास किए जाएंगे। उन्होंने यह भी कहा कि कुपोषण और बाल विवाह जैसी सामाजिक समस्याओं के समाधान के लिए संबंधित विभागों के साथ समन्वय बनाकर प्रभावी कार्रवाई की जाएगी। इको-टूरिज्म की अपार संभावनाएं कलेक्टर त्रिपाठी ने कहा कि बलरामपुर जिले के घने जंगल, प्राकृतिक सौंदर्य और जैव विविधता इसे पर्यटन के लिए विशेष बनाते हैं। जिले में इको-टूरिज्म के विकास की व्यापक संभावनाएं मौजूद हैं। उन्होंने बताया कि इस संबंध में वन विभाग और जिला वनमंडलाधिकारी (DFO) के साथ प्रारंभिक चर्चा भी की जा चुकी है। आने वाले समय में पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए योजनाबद्ध पहल की जाएगी। जिले की परिस्थितियों से पहले से हैं परिचित कलेक्टर ने बताया कि वे पूर्व में राजपुर और वाड्रफनगर क्षेत्र में कार्य कर चुके हैं, इसलिए जिले की भौगोलिक और सामाजिक परिस्थितियों की उन्हें अच्छी जानकारी है। उन्होंने कहा कि शासन की योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है। जनभागीदारी से मिलेगा विकास को नया आयाम पत्रकार वार्ता के दौरान कलेक्टर ने जनप्रतिनिधियों, मीडिया और आम नागरिकों से सहयोग की अपील की। उन्होंने कहा कि प्रशासन और जनता के सामूहिक प्रयासों से ही बलरामपुर जिले को विकास की नई पहचान दिलाई जा सकती है। उन्होंने भरोसा जताया कि जनभागीदारी के माध्यम से जिले में बेहतर प्रशासन, प्रभावी योजनाएं और समावेशी विकास सुनिश्चित किया जाएगा।

दैनिक भास्कर 10 Jun 2026 6:58 pm

बुक फेस्टिवल में 50 रुपए से मिल रहीं बेस्टसेलर पुस्तकें:बच्चों को मोबाइल से दूर कर साहित्य से जोड़ने की पहल; समर वेकेशन में बढ़ा पाठकों का उत्साह

किताबों की खुशबू, साहित्य की दुनिया और ज्ञान का अनमोल खजाना जवाहर कला केंद्र के साउथ विंग में सजे राजस्थान बुक फेस्टिवल में देखने को मिल रहा है। फेस्टिवल में देश-विदेश के नामचीन लेखकों की करीब दो लाख से अधिक पुस्तकें पाठकों के लिए उपलब्ध हैं। साहित्य, उपन्यास, जीवनी, इतिहास, आध्यात्म, बच्चों के साहित्य और समकालीन लेखन की हजारों किताबें एक ही छत के नीचे मिल रही हैं। फेस्टिवल की खास बात यह है कि यहां पाठकों को किताबों से जोड़ने के लिए किफायती दरों पर पुस्तकें उपलब्ध कराई गई हैं। कई लोकप्रिय उपन्यास और साहित्यिक किताबें 50 और 100 रुपए में मिल रही हैं, जबकि बच्चों की पुस्तकों के लिए विशेष ऑफर के तहत 250 रुपए प्रति किलो के हिसाब से किताबें उपलब्ध हैं। फेस्टिवल में मुंशी प्रेमचंद, हरिवंश राय बच्चन, रामधारी सिंह दिनकर, महादेवी वर्मा, धर्मवीर भारती, अमृता प्रीतम, गुलजार, चेतन भगत, अमीश त्रिपाठी, सुधा मूर्ति, रस्किन बॉन्ड, एपीजे अब्दुल कलाम, रॉबिन शर्मा और पाउलो कोएल्हो जैसे लेखकों की चर्चित पुस्तकें हैं। साथ ही नई प्रकाशित किताबों और अंतरराष्ट्रीय बेस्टसेलर पुस्तकों का भी बड़ा संग्रह उपलब्ध है। पहले देखें PHOTOS बच्चों के लिए बनाया विशेष सेक्शन फेस्टिवल में बच्चों के लिए अलग से एक विशेष सेक्शन तैयार किया गया है, जहां उनकी उम्र और रुचि के अनुसार हजारों पुस्तकें प्रदर्शित की गई हैं। समर वेकेशन के चलते बड़ी संख्या में बच्चे अपने अभिभावकों के साथ यहां पहुंच रहे हैं और किताबों में रुचि दिखा रहे हैं। बच्चों के लिए पंचतंत्र, अकबर-बीरबल, तेनालीराम, चंपक, नंदन, टिंकल, अमर चित्र कथा, हैरी पॉटर सीरीज, डायरी ऑफ ए विम्पी किड, मालगुड़ी डेज, जंगल बुक, द लिटिल प्रिंस जैसी लोकप्रिय पुस्तकें उपलब्ध हैं। इसके अलावा विज्ञान, सामान्य ज्ञान, चित्रकथाओं और रचनात्मक गतिविधियों से जुड़ी पुस्तकें भी बच्चों को आकर्षित कर रही हैं। मोबाइल की लत कम करने का प्रयास फेस्टिवल के आयोजक अशोक ने बताया- बच्चों को मोबाइल और स्क्रीन से दूर कर किताबों की दुनिया से जोड़ना इस आयोजन का प्रमुख उद्देश्य है। उन्होंने कहा कि समर वेकेशन में बच्चे ज्यादातर समय मोबाइल पर बिताते हैं। हम चाहते हैं कि वे किताबों की ओर आकर्षित हों और पढ़ने की आदत विकसित करें। इसी सोच के साथ बच्चों के लिए 250 रुपए प्रति किलो और 50 रुपए से शुरू होने वाली किताबों की व्यवस्था की गई है। जो लोग पहली बार उपन्यास पढ़ना शुरू करना चाहते हैं, उनके लिए भी 50 रुपए में बड़ी संख्या में नॉवेल्स उपलब्ध हैं। उन्होंने बताया कि हर वर्ष पाठकों की मांग के अनुसार नए संग्रह शामिल किए जाते हैं। इस बार भी कई नई प्रकाशित पुस्तकें और लोकप्रिय उपन्यास फेस्टिवल में उपलब्ध हैं। युवाओं में भी बढ़ रही रुचि फेस्टिवल में प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करने वाले युवाओं से लेकर साहित्य प्रेमियों तक सभी वर्गों के लोग पहुंच रहे हैं। कई युवा यहां से प्रेरणादायक किताबें, सेल्फ-हेल्प बुक्स और बेस्टसेलर उपन्यास खरीद रहे हैं। आयोजकों ने कहा- किताबें केवल ज्ञान का माध्यम नहीं हैं, बल्कि व्यक्तित्व विकास और रचनात्मक सोच को विकसित करने का सबसे सशक्त साधन भी हैं। यही कारण है कि राजस्थान बुक फेस्टिवल न केवल पुस्तक प्रेमियों को आकर्षित कर रहा है, बल्कि नई पीढ़ी को भी पढ़ने की संस्कृति से जोड़ने का महत्वपूर्ण काम कर रहा है।

दैनिक भास्कर 9 Jun 2026 7:23 pm

गुरुग्राम से 45 श्रद्धालु सोमनाथ ज्योतिर्लिंग दर्शन को रवाना:डीसी ने दिल्ली कैंट स्टेशन पर ट्रेन में बैठाया, सीएम तीर्थयात्रा योजना का लाभ मिला

हरियाणा सरकार की मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना के तहत गुरुग्राम जिले के 45 श्रद्धालु श्री सोमनाथ ज्योतिर्लिंग के दर्शन के लिए रवाना हुए। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने कुरुक्षेत्र रेलवे जंक्शन से विशेष ट्रेन को हरी झंडी दिखाकर इस धार्मिक यात्रा का शुभारंभ किया। यह विशेष ट्रेन कुरुक्षेत्र, करनाल, पानीपत, सोनीपत, दिल्ली कैंट और रेवाड़ी रेलवे स्टेशनों से होते हुए श्री सोमनाथ के लिए प्रस्थान कर गई। यात्रा को लेकर श्रद्धालुओं में खासा उत्साह देखा गया। गुरुग्राम डीसी ने श्रद्धालुओं को ट्रेन में सवार कराया गुरुग्राम उपायुक्त उत्तम सिंह ने बताया कि गुरुग्राम शहर के श्रद्धालुओं को दिल्ली कैंट रेलवे स्टेशन से ट्रेन में सवार कराया गया, जबकि पटौदी और फर्रुखनगर क्षेत्र के यात्री रेवाड़ी रेलवे स्टेशन से ट्रेन में बैठे। यात्रा से पूर्व सभी आवश्यक औपचारिकताएं पूरी की गईं और श्रद्धालुओं को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए। श्रद्धालुओं ने मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना की सराहना की। उन्होंने कहा कि इस पहल से अंत्योदय परिवारों और वरिष्ठ नागरिकों को देश के प्रमुख धार्मिक स्थलों के दर्शन का अवसर मिल रहा है। उपायुक्त ने बताया कि हरियाणा सरकार द्वारा यात्रियों के रहने, खाने और स्थानीय परिवहन की संपूर्ण व्यवस्था की गई है। यह जत्था 12 जून को अपनी धार्मिक यात्रा पूरी कर वापस लौटेगा। उन्होंने सभी श्रद्धालुओं को सुरक्षित, सुखद और मंगलमय यात्रा के लिए शुभकामनाएं दीं।

दैनिक भास्कर 9 Jun 2026 6:42 pm

वरिष्ठ नागरिक तीर्थ यात्रा योजना आवेदन का कल अंतिम दिन:रात 12 बजे तक कर सकेंगे आवेदन, अब तक 1.35 लाख बुजुर्ग यात्रियों ने कराया रजिस्ट्रेशन

राजस्थान सरकार की वरिष्ठ नागरिक तीर्थ यात्रा योजना-2026 के लिए आवेदन करने का कल अंतिम दिन होगा। देवस्थान विभाग की ओर से 27 मई से शुरू हुई ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया 10 जून रात 12 बजे बंद हो जाएगी। ऐसे में जिन वरिष्ठ नागरिकों ने अभी तक आवेदन नहीं किया है, वे कल रात तक आवेदन कर सकेंगे।योजना को लेकर बुजुर्गों में अच्छा उत्साह देखने को मिला है। अब तक करीब 80 हजार आवेदन प्राप्त हो चुके हैं, जिनमें 1 लाख 35 हजार से अधिक यात्रियों ने रजिस्ट्रेशन कराया है। बड़ी संख्या में पति-पत्नी ने संयुक्त रूप से आवेदन किया है, जबकि कई वरिष्ठ नागरिकों ने अकेले आवेदन किया है।56 हजार यात्रियों को मिलेगा तीर्थ यात्रा का मौकादेवस्थान विभाग की ओर से इस बार कुल 56 हजार यात्रियों को तीर्थ यात्रा पर भेजा जाएगा। इनमें 50 हजार वरिष्ठ नागरिकों को एसी ट्रेन से देश के विभिन्न धार्मिक स्थलों की यात्रा करवाई जाएगी, जबकि 6 हजार यात्रियों को हवाई जहाज के जरिए नेपाल स्थित पशुपतिनाथ मंदिर के दर्शन करवाए जाएंगे।लॉटरी से होगा यात्रियों का चयनआवेदनों की संख्या निर्धारित सीटों से काफी ज्यादा होने के कारण यात्रियों का चयन कंप्यूटरीकृत लॉटरी के जरिए किया जाएगा। पहले हवाई यात्रा के लिए चयन किया जाएगा, उसके बाद रेल यात्रा के लिए लॉटरी निकाली जाएगी। चयनित यात्रियों की सूची बाद में विभागीय वेबसाइट और संबंधित कार्यालयों में जारी की जाएगी।इन तीर्थ स्थलों की करवाई जाएगी यात्रायोजना के तहत हरिद्वार, ऋषिकेश, अयोध्या, वाराणसी, मथुरा, वृंदावन, द्वारका, सोमनाथ, तिरुपति, कामाख्या, गंगासागर, जगन्नाथपुरी, रामेश्वरम, वैष्णोदेवी, अमृतसर, पटना साहिब और हजूर साहिब समेत 15 प्रमुख तीर्थ स्थलों की यात्रा करवाई जाएगी। वहीं हवाई यात्रा के तहत यात्रियों को नेपाल के काठमांडू स्थित पशुपतिनाथ मंदिर ले जाया जाएगा।सरकार उठाएगी पूरा खर्चयात्रा, भोजन, ठहरने, चिकित्सा और सुरक्षा सहित पूरी व्यवस्था का खर्च राज्य सरकार वहन करेगी। रेल यात्रा के दौरान यात्रियों के साथ मेडिकल टीम, नर्सिंग स्टाफ और एस्कॉर्ट भी मौजूद रहेंगे ताकि बुजुर्गों को किसी प्रकार की परेशानी का सामना नहीं करना पड़े।कल रात 12 बजे बंद हो जाएगा पोर्टलदेवस्थान विभाग ने स्पष्ट किया है कि 10 जून रात 12 बजे के बाद आवेदन पोर्टल बंद कर दिया जाएगा। इसके बाद किसी भी प्रकार का नया आवेदन स्वीकार नहीं किया जाएगा। ऐसे में इच्छुक वरिष्ठ नागरिकों को अंतिम समय का इंतजार करने के बजाय समय रहते आवेदन करने की सलाह दी गई है।

दैनिक भास्कर 9 Jun 2026 5:30 pm

नई पीढ़ी में बढ़ रही है डिजिटल थकान:अब ऑफ ग्रिड ट्रैवल; 47% माता-पिता, 30% बच्चे साधारण फोन अपनाने लगे

एक समय था जब लोगों, खासकर युवा पीढ़ी के बीच डिजिटल साधनों और सोशल मीडिया अपनाने की होड़ थी। लेकिन अब तस्वीर बदल रही है। डिजिटल साधनों, ज्यादा स्क्रीन टाइम और ऑनलाइन रहने से लोगों के बीच डिजिटल थकान बढ़ने लगी है। भारत-अमेरिका सहित कई देशों में हुए अलग-अलग सर्वे के मुताबिक नई पीढ़ी लगातार नोटिफिकेशन, सोशल मीडिया और डिजिटल थकान से बचने के लिए ‘डिजिटल मिनिमलिज्म’ को अपना रही है। कुछ लोग विनाइल रिकॉर्ड, सीडी और रिकॉर्ड प्लेयर खरीद रहे हैं। कुछ लोग 2000 के दशक की पुरानी चीज माने जाने वाले फ्लिप फोन या कीपैड वाले फीचर फोन इस्तेमाल कर रहे हैं। कई बॉलीवुड और हॉलीवुड के सेलेब्स समय-समय पर डिजिटल डिटॉक्स लेते रहते हैं। कुछ सेलेब्स ने सोशल मीडिया अकाउंट तक छोड़ दिए हैं। कई देशों की सरकारों ने छात्रों के लिए स्क्रीन टाइम सीमित करने के नियम बनाए हैं। भारत में भी ऐसी पहल हो रही हैं। कर्नाटक ने छात्रों के लिए मनोरंजन संबंधी स्क्रीन टाइम प्रतिदिन एक घंटे तक सीमित करने का प्रस्ताव रखा है। वहीं चंडीगढ़ में संडे अनप्लग टू रिकनेक्ट अभियान शुरू किया गया है। महत्वपूर्ण पलों में डिजिटल साधनों से दूरी परिवारों को जोड़ने में कारगर - 91% बच्चों के मुताबिक फोन दूर रखे जाते हैं तो परिवार की आपसी बातचीत आसान हो जाती है। - 87% बच्चे फोन -फ्री डिनर के दौरान खुलकर बात करने में अधिक सहज महसूस करते हैं - 81% माता-पिता कहते हैं कि बिना फोन के बच्चों के साथ उनका रिश्ता ज्यादा मजबूत महसूस होता है। - 47% माता-पिता और 30% बच्चे साधारण फोन अपना रहे। - 54% माता-पिता और 49% बच्चे स्क्रीन टाइम कम करने की कोशिश कर रहे। - 51% माता-पिता और 41% बच्चे कुछ घंटों के लिए सोशल मीडिया ब्लॉक करते हैं। - 49% माता-पिता और 50% बच्चे गैर-जरूरी नोटिफिकेशन बंद कर रहे। - 59%- माता-पिता और 47% बच्चों ने कहा कि डिजिटल व्यवहार पर ज्यादा नियंत्रण हुआ। वीवो-सीएमआर स्विच ऑफ स्टडी 2025 - वीवो इंडिया और सीएमआर द्वारा हर साल किए जाने वाले स्विच ऑफ अध्ययन के ताजा आंकड़ों के मुताबिक लोग डिजिटल साधनों से दूरी बनाने लगे हैं। वीवो इंडिया के कॉरपोरेट कम्युनिकेशन अधिकारी, गीताज चन्नाना कहते हैं, ‘स्विच ऑफ अध्ययन के निष्कर्ष बताते हैं कि परिवार महत्वपूर्ण क्षणों में डिजिटल डिस्कनेक्ट का विकल्प चुन रहे हैं।’ बिना फोन-मोबाइल वाले पर्यटन का उभार ट्रैवल इंडस्ट्री में ऑफ-ग्रिड ट्रैवल तेजी से लोकप्रिय हो रहा है। पोलारिस मार्केट रिसर्च के मुताबिक डिजिटल डिटॉक्स हॉलिडे का वैश्विक बाजार 6 लाख करोड़ रु. से ज्यादा का है। ये 2034 तक 24.5% सालाना बढ़कर करीब 44 लाख करोड़ का हो सकता है। ट्रैवल ई-सिम एप सेली के सर्वे में एक चौथाई वयस्क अब बिना फोन या इंटरनेट के यात्रा करना पसंद कर रहे। व्यवसाय के नए अवसर देख रहीं कंपनियां डिजिटल डिटॉक्स एक नई लाइफस्टाइल और बड़ा व्यावसायिक अवसर बनकर उभर रहा है। डंब.को, डंबफोन्स इंडिया और किकबैक जैसी कंपनियां इसी मांग पर आधारित बिजनेस बना रहे हैं। ये पुराने सीडी प्लेयर और फीचर फोन्स बेच रही हैं। इन फोन में कॉल, मैसेज, वाट्सएप्स, यूपीआई और मैप जैसी सुविधाएं होती हैं, लेकिन सोशल मीडिया नहीं होता। उद्योग समूह भी आयोजित करवा रहे डिजिटल डिटॉक्स रिट्रीट डिटॉक्स ट्रैवल उपलब्ध कराने वाली बेंगलुरु की फर्म ट्रांसफॉर्मिंग ट्रैवल्स की फाउंडर चांदनी अग्रवाल बताती हैं, ‘हमें कॉर्पोरेट समूहों से अपनी टीमों के लिए डिजिटल डिटॉक्स रिट्रीट आयोजित करने की मांग मिलती है। इसमें लोग अपने मोबाइल फोन, लैपटॉप और सोशल मीडिया से दूरी बनाते हैं। रिट्रीट में भाग लेने वाले अधिकांश लोग 30 से 60 आयु वर्ग के होते हैं। इनमें करीब 70-80% महिलाएं होती हैं। 90% ग्राहक लद्दाख, हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड और स्पीति घाटी जैसे क्षेत्रों में रिट्रीट आयोजित करना पसंद करते हैं।’

दैनिक भास्कर 8 Jun 2026 12:50 pm

उत्तराखंड में पर्यटन में गिरावट का खामियाजा होटल उद्योग को भुगतना पड़ रहा है: हरीश रावत

उत्तराखंड के पूर्व मुख्यमंत्री और कांग्रेस नेता हरीश रावत ने कहा कि इस वर्ष राज्य में पर्यटकों की संख्या उम्मीद से कम रही है

देशबन्धु 8 Jun 2026 7:20 am

फिरोजाबाद में चंद्रवार जैन मंदिर में बनेगी डिजिटल लाइब्रेरी:DM ने चंद्रसेन किला, पर्यटन सुविधाओं के विकास की घोषणा की

फिरोजाबाद जिला प्रशासन ने जनपद की ऐतिहासिक और सांस्कृतिक धरोहरों के संरक्षण तथा विकास के लिए एक महत्वपूर्ण पहल की है। जिलाधिकारी संतोष कुमार शर्मा ने मुख्य विकास अधिकारी शत्रोहन वैश्य के साथ रविवार को चंद्रवार क्षेत्र का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने ऐतिहासिक स्थलों के संरक्षण और पर्यटन विकास के लिए कई घोषणाएं कीं। जिलाधिकारी ने बताया कि चंद्रसेन का किला और चंद्रवार का जैन मंदिर जिले की अमूल्य विरासत हैं। उन्होंने इन स्थलों को भारत के गौरवशाली इतिहास का जीवंत प्रतीक बताते हुए इनके संरक्षण और संवर्धन को अत्यंत आवश्यक बताया। प्रशासन इन धरोहरों की ऐतिहासिक गरिमा बनाए रखते हुए विकास के लिए हरसंभव प्रयास करेगा। डीएम ने घोषणा की कि चंद्रवार जैन मंदिर परिसर में एक डिजिटल लाइब्रेरी स्थापित की जाएगी। इसका उद्देश्य इतिहास, संस्कृति और विरासत से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारी आधुनिक पीढ़ी तक पहुंचाना है। इसके अतिरिक्त, पर्यटन की दृष्टि से आवश्यक बुनियादी सुविधाओं का विकास किया जाएगा और धरोहरों के मूल स्वरूप को सुरक्षित रखते हुए सौंदर्यीकरण के कार्य भी किए जाएंगे। उन्होंने कहा कि आने वाली पीढ़ियों को अपने गौरवशाली इतिहास और सांस्कृतिक विरासत से परिचित कराने के लिए इन धरोहरों का संरक्षित रहना महत्वपूर्ण है। जिला प्रशासन का लक्ष्य चंद्रवार क्षेत्र को पर्यटन मानचित्र पर प्रमुख स्थान दिलाना है, जिससे स्थानीय स्तर पर पर्यटन और रोजगार के अवसर बढ़ सकें। निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने स्थानीय नागरिकों और आगंतुकों से ऐतिहासिक स्थलों की स्वच्छता एवं सुरक्षा बनाए रखने में सहयोग की अपील की। इस अवसर पर उप जिलाधिकारी सदर सत्येंद्र कुमार सहित अन्य अधिकारी भी उपस्थित रहे।

दैनिक भास्कर 7 Jun 2026 1:03 pm

विश्व साइकिल दिवस पर अशोकनगर में रैली निकाली:कलेक्टर सहित 150 से ज्यादा लोगों ने चलाई साइकिल; पर्यटन स्थलों को भी रैली से जोड़ने की तैयारी

अशोकनगर में विश्व साइकिल दिवस के मौके पर रविवार को स्वास्थ्य और पर्यावरण संरक्षण का संदेश देने के लिए एक साइकिल रैली का आयोजन किया गया। तुलसी सरोवर तालाब से शुरू हुई इस रैली में कलेक्टर साकेत मालवीय सहित 150 से अधिक नागरिकों और अधिकारियों ने हिस्सा लिया। रैली का समापन जिला कलेक्ट्रेट में हुआ, जहां लोगों को फिट जीवनशैली और हरित परिवहन अपनाने के लिए जागरूक किया गया। विमानों के चबूतरा (तुलसी सरोवर तालाब) से रविवार सुबह इस साइकिल रैली की शुरुआत हुई। रैली शहर के मुख्य मार्गों जैसे गांधी पार्क, तुलसी पार्क, स्टेशन रोड और अस्पताल चौराहा होते हुए जिला कलेक्ट्रेट पहुंची। इस दौरान विभिन्न विभागों के अधिकारियों, जनप्रतिनिधियों, सामाजिक संगठनों के सदस्यों और आम नागरिकों ने पूरे उत्साह के साथ साइकिल चलाई। कलेक्टर की अपील- दैनिक जीवन में करें साइकिल का उपयोगकलेक्ट्रेट परिसर में समापन के अवसर पर कलेक्टर साकेत मालवीय ने कहा कि साइकिल एक सरल, सुलभ और पर्यावरण के अनुकूल परिवहन साधन है। इसके नियमित उपयोग से स्वास्थ्य बेहतर रहता है, प्रदूषण में कमी आती है और ईंधन की भी बचत होती है। उन्होंने आम नागरिकों से अपनी दैनिक दिनचर्या में ज्यादा से ज्यादा साइकिल का उपयोग करने का आह्वान किया। पर्यटन और पुरातात्विक स्थलों को जोड़ने की तैयारीकलेक्टर ने अधिकारियों को संबोधित करते हुए कहा कि ऐसे आयोजन लोगों में स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता बढ़ाने और हरित परिवहन को प्रोत्साहित करने में अहम भूमिका निभाते हैं। उन्होंने जानकारी दी कि भविष्य में जिले के पर्यटन और पुरातात्विक स्थलों को भी साइकिल रैली के माध्यम से जोड़ने का प्रयास किया जाएगा। कार्यक्रम के अंत में सभी प्रतिभागियों ने नियमित साइकिल चलाने और दूसरों को प्रेरित करने का संकल्प लिया। जागरूकता रैली में ये अधिकारी रहे मौजूदइस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य स्वस्थ, स्वच्छ और पर्यावरण हितैषी समाज का निर्माण करना था। रैली में मुख्य कार्यपालन अधिकारी (जिला पंचायत) राजेश जैन, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक गजेंद्र सिंह कंवर, मुख्य कार्यपालन अधिकारी (जनपद पंचायत) शैलेंद्र यादव, डीपीसी राहुल शर्मा और जिला खेल एवं युवा कल्याण अधिकारी अरुण रघुवंशी सहित कई अन्य अधिकारी उपस्थित रहे। देखिए तस्वीरें…

दैनिक भास्कर 7 Jun 2026 11:50 am

रामसर साइट का दर्जा मिलने पर सुरहा ताल की बढ़ी शान, पर्यटन को मिलेगा बढ़ावा : दयाशंकर सिंह

उत्तर प्रदेश के बलिया जिले में जयप्रकाश नारायण बर्ड सैंक्चुअरी (सुरहा ताल) को रामसर साइट के रूप में अंतरराष्ट्रीय मान्यता मिल गई है

देशबन्धु 7 Jun 2026 3:48 am

बद्रीनाथ हाइवे पर पलटा श्रद्धालुओं से भरा टेंपो ट्रैवलर:मेरठ की दो बहनें समेत 8 घायल, 16 लोग सवार थे

चमोली जिले में बदरीनाथ राष्ट्रीय राजमार्ग पर शनिवार को एक बड़ा सड़क हादसा होते-होते टल गया। हनुमान चट्टी और बिनाकुली के बीच मेरठ के श्रद्धालुओं से भरा एक टेंपो ट्रैवलर अनियंत्रित होकर सड़क पर पलट गया। हादसे के समय वाहन में चालक समेत कुल 16 लोग सवार थे। दुर्घटना में 8 यात्रियों को चोटें आई हैं। राहत की बात यह रही कि किसी भी यात्री को गंभीर चोट नहीं लगी। सूचना मिलते ही पुलिस और एसडीआरएफ की टीम मौके पर पहुंची और राहत एवं बचाव अभियान चलाकर घायलों को अस्पताल पहुंचाया। दुर्घटना के कारणों की जांच की जा रही है। ये यात्री हुए घायल पुलिस के अनुसार हादसे में दो बहनें दिशा (15) और वर्षा के अलावा इलालिता, ज्योति, पुष्पा गिरी, राजकुमार और बसु के साथ ड्राइवर जमील घायल हुए हैं। सभी घायल मेरठ जनपद के निवासी बताए गए हैं। बद्रीनाथ धाम जा रहा था वाहन टेंपो ट्रैवलर (UP 15 ET 1020) मेरठ से आए श्रद्धालुओं को लेकर बदरीनाथ धाम की ओर जा रहा था। हनुमान चट्टी और बिनाकुली के बीच अचानक वाहन अनियंत्रित हो गया और सड़क पर पलट गया। पुलिस और एसडीआरएफ ने चलाया रेस्क्यू दुर्घटना की सूचना मिलते ही पुलिस प्रशासन और एसडीआरएफ की टीम मौके पर पहुंच गई। बचाव दल ने वाहन में फंसे यात्रियों को सुरक्षित बाहर निकाला और तत्काल चिकित्सा सहायता उपलब्ध कराई। राहत एवं बचाव कार्य के चलते स्थिति को जल्द नियंत्रित कर लिया गया। घायलों को प्राथमिक उपचार के लिए नजदीकी जेपी कंपनी अस्पताल ले जाया गया। वहां से बेहतर उपचार के लिए सभी घायलों को जोशीमठ मुख्य चिकित्सालय रेफर किया गया। प्रशासन ने घायलों के उपचार की व्यवस्था सुनिश्चित की। कुछ देर तक प्रभावित रहा यातायात हादसे के बाद बदरीनाथ राष्ट्रीय राजमार्ग पर कुछ समय के लिए यातायात प्रभावित हुआ। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर यातायात व्यवस्था संभाली और मार्ग को जल्द ही सुचारु करा दिया, जिससे यात्रियों को अधिक परेशानी का सामना नहीं करना पड़ा। पुलिस दुर्घटना के कारणों की जांच कर रही है। प्रशासन ने पर्वतीय मार्गों पर यात्रा कर रहे वाहन चालकों और यात्रियों से सावधानी बरतने की अपील की है, ताकि ऐसे हादसों से बचा जा सके।

दैनिक भास्कर 6 Jun 2026 1:36 pm

शर्मिंदगी का पर्यटन

बीते दिनों कुछ ऐसी खबरें देखने और सुनने मिली हैं, जिनसे पर्यटन पर नयी बहस शुरु होने की गुंजाइश बनी है। पर्यटन की भारत में प्राचीन परंपरा रही है।

देशबन्धु 2 Jun 2026 3:00 am

कड़कड़ाती सर्दी में बिकिनी पहन पूल में उतरीं रुबीना दिलैक, जापान वेकेशन की दिखाई झलक

टीवी की संस्कारी बहू रुबीना दिलैक रियल लाइफ में काफी ग्लैमरस हैं। वह अक्सर फैंस के साथ अपनी हॉट एंड सिजलिंग तस्वीरें शेयर करती रहती हैं। रुबीना वह छोटे पर्दे की हाई पेड एक्ट्रेसेस में शुमार है। हाल ही में रुबीना ने अपनी जापान ट्रिप की तस्वीरें फैंस ...

वेब दुनिया 7 Jan 2026 5:01 pm

स्विमिंग पूल किनारे मोनालिसा का सिजलिंग अंदाज, वेकेशन से शेयर की बोल्ड तस्वीरें

भोजपुरी एक्ट्रेस मोनालिसा हिंदी टीवी इंडस्ट्री में भी अपनी अलग पहचान बना चुकी हैं। इसके अलावा सोशल मीडिया पर भी मोनालिसा की जबरदस्त फैन फॉलोइंग है। वह अपनी ग्लैमरस तस्वीरों से तहलका मचाती रहती हैं। मोनालिसा इन दिनों थाइलैंड में वेकेशन एंजॉय कर रही ...

वेब दुनिया 9 Apr 2025 5:46 pm

गोवा में वेकेशन एंजॉय कर रहीं कृष्णा श्रॉफ, शेयर की खूबसूरत तस्वीरें

कृष्णा श्रॉफ निश्चित रूप से जानती हैं कि लोगों का ध्यान कैसे आकर्षित करना है- चाहे वह उनकी MMA चॉप्स हों या उनकी वेकेशन की तस्वीरें। कृष्णा इस दिनों गोवा की धूप और बीच पर छुट्टियां मना रही हैं। इसी बीच कृष्णा श्रॉफ ने सोशल मीडिया पर अपनी ट्रॉपिकल ...

वेब दुनिया 7 Apr 2025 4:18 pm

कैंसर के ट्रीटमेंट जंग के बीच वेकेशन मनाने मालदीव पहुंचीं हिना खान, शेयर की खूबसूरत तस्वीरें

टीवी एक्ट्रेस हिना खान भले ही कैंसर से जंग लड़ रही हैं, लेकिन वह अपनी लाइफ को खुलकर जी रही हैं। इस गंभीर बीमारी से जंग लड़ते हुए वह लाइफ का हर पल एंजॉय कर रही हैं। हिना खान इन दिनों मालदीव में वेकेशन एंजॉय कर रही हैं। मालदीव में वेकेशन मनाते हुए ...

वेब दुनिया 24 Oct 2024 2:10 pm

Tejasswi Praksh-Karan Kundrra नहीं हुए अलग, रोमांटिक वेकेशन एन्जॉय कर रहा है कपल करीबी दोस्त ने खोला राज

Tejasswi Praksh-Karan Kundrra नहीं हुए अलग,रोमांटिक वेकेशन एन्जॉय कर रहा है कपल करीबी दोस्त ने खोला राज

समाचार नामा 27 Jun 2024 6:00 pm

शादी के तीन महीने बाद हनीमून पर निकले Rakul Preet Singh और Jackky Bhagnani, वेकेशन से वायरल हुई एक्ट्रेस की तस्वीरें

शादी के तीन महीने बाद हनीमून पर निकलेRakul Preet Singh औरJackky Bhagnani, वेकेशन से वायरल हुई एक्ट्रेस की तस्वीरें

समाचार नामा 21 May 2024 11:00 pm

एक बार फिर सिनेमा घरो में दस्तक देने जा रही है क्रिस्टोफ़र नोलन की स्पेस एडवेंचर फिल्म Interstellar, 10वीं सालगिरह पर होगी री-रिलीज़

एक बार फिर सिनेमा घरो में दस्तक देने जा रही है क्रिस्टोफ़र नोलन की स्पेस एडवेंचर फिल्मInterstellar,10वीं सालगिरह पर होगी री-रिलीज़

मनोरंजन नामा 13 Apr 2024 9:00 am