कोटा पर्यटन: हरियाणा से 40 सदस्यीय दल पहुंचा, दशहरा मेले की धूम
होटल फेडरेशन के विशेष पैकेज से हाड़ौती में बढ़ रहा पर्यटकों का आकर्षण, आगामी सीजन में और पर्यटकों के आने की संभावना।
जयपुर-अजमेर हाईवे पर भीषण हादसा: ट्रेलर में घुसी श्रद्धालुओं से भरी ट्रैवलर, फुटेज में देंखे 3 की मौत; 18 घायल
माउंट आबू पर्यटन विकास: मानपुर में एयरपोर्ट और रोपवे समेत 16 प्रस्ताव
माउंट आबू नगर पालिका अध्यक्ष ने केंद्रीय मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत को सौंपे 16 विकास प्रस्ताव, नक्की झील पर लेजर शो और पर्यटन सर्किट का है प्लान।
हिमाचल प्रदेश के मंडी जिले में ऐहन स्थित कोल डैम जलाशय में एडवेंचर वाटर स्पोर्ट्स गतिविधियां शुरू हो गई हैं। मुख्यमंत्री सुक्खू ने इसका वर्चुअल शुभारंभ किया।
नवंबर में कहाँ जाएं घूमने? पहाड़ों की ठंडक, खूबसूरत बीच, वाइल्डलाइफ और अध्यात्म के लिए 5 परफेक्ट ट्रैवल लोकेशंस
ओआरएन वेंचर्स का 100 शहरों में फ्रेंचाइजी विस्तार, इंटरनेशनल ट्रैवल होगा आसान
कंपनी के वैश्विक नेटवर्क और टेक्नोलॉजी से जुड़कर स्थानीय कारोबारियों को मिलेंगे नए अवसर, यात्रियों को मिलेंगी बेहतर सुविधाएं।
Travel Tips: नेचर को करते है पसंद तो फिर एक बार जरूर जाएं आप भी जयपुर में Trishla Farmhouse
इंटरनेट डेस्क। अगर आप भी होटलों में रह कर ऊब गए हैं और आपका मन भी जयपुर में किसी अच्छे से फार्म हाउस पर रहने का है जहां आपका पैसा भी कम लगेे और आप होटल जैसी सुविधा के साथ में खाने पीने से लेकर पूरा आनंद उठा सकें तो आज आपको बता रहे एक ऐसे ही फार्म हाउस के बारे में जहां आप जा सकते है और यह है त्रिशला फार्म हाउस। नेचर को देख सकते है करीब से बता दें की जयपुर के गोनेर रिंग रोड के पास खिजूरिया ब्राहम्णान में बना ये फार्म नेचर के बहुत करीब है। यहां आपको सुबह के समय कई पक्षी देखने को मिलेंगे तो साथ ही आप खुले में बैठकर धूप का मजा भी ले सकेंगे। इसके साथ ही आपको यहां गायों की शुद्ध दूध, धी, और आर्गेनिक सब्जियों के साथ में शानदार खाना मिलेगा। कम बजट में रूक सकते है आपको त्रिशला फार्म हाउस में रूकने के लिए केवल 2500 रुपए से 4000 रुपये के बीच खर्च करना होगा। इसी बजट में आपको लंच-डिनर और कई एक्टिविटीज भी करने का मौका मिलेगा। आप स्वीमिंग पूल का आनंद भी ले सकेंगे। टैरिफ से जुडी पूरी जानकारी के लिए आप व्हाट्सएप नंबर 9784461221 पर मैसेज कर के पूरी जानकारी प्राप्त कर सकते हैं। कैसे पहुंचे आप राजस्थान के बाहर किसी शहर से हैं और एयरपोर्ट से यहाँ आ रहे हैं तो जानकारी के लिए बता दें कि जयपुर एयरपोर्ट से त्रिशला फार्म हाउस 22 किलोमीटर है। आप टैक्सी से आसानी से यहाँ पहुंच सकते हैं। ट्रेन से जयपुर आ रहे हैं तो रेलवे स्टेशन से त्रिशला फार्म हाउस की दूरी लगभग 28 किलोमीटर है। टेक्सी से आप यहां पहुंच सकते है और इसके साथ ही यह जगह अक्षयपात्र जगतपुरा से 15 किलोमीटर है।
जोधपुर : पर्यटन स्थल घंटाघर के नीचे सड़कें बदहाल, गहरे गड्ढे दे रहे हादसों को न्योता
अब देखना यह है कि संबंधित प्रशासन इस समस्या पर कब ध्यान देता है और घंटाघर आने वाले स्थानीय लोगों एवं पर्यटकों को बदहाल सड़क से कब राहत मिलती है।
Rajasthan news: बगरू में NH-48 पर भीषण हादसा, टेंपो ट्रैवलर की ट्रेलर से टक्कर में 3 की मौत
24 अक्टूबर, शनिवार: राजस्थान के बगरू में NH-48 पर देर रात टेंपो ट्रैवलर और ट्रेलर की टक्कर में 3 लोगों की मौत हो गई और दो दर्जन से अधिक घायल हो गए, घायलों को अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
नैनीताल, 24 अक्टूबर . सरोवर नगरी नैनीताल में बरसात का मौसम समाप्त होने के बाद पर्यटन गतिविधियां तेज होने लगी हैं. अक्टूबर से पर्यटकों की आमद बढ़ने के…
New Delhi, 24 अक्टूबर . राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग (एनएचआरसी) ने पंजाब Government की ‘Chief Minister तीर्थ यात्रा योजना’ के तहत इस्तेमाल की जा रही एसी स्लीपर बसों को…
‘मैं 2055 में फंस गया हूं…’, ‘टाइम ट्रैवलर’ का खौफनाक वीडियो देख कांप गई इंटरनेट की दुनिया
‘मैं 2055 में फंस गया हूं…’, ‘टाइम ट्रैवलर’ का खौफनाक वीडियो देख कांप गई इंटरनेट की दुनिया
जयपुर के बगरू में शुक्रवार देर रात ट्रेलर-ट्रैवलर की टक्कर में 3 लोगों की मौत हो गई। पुलिस के अनुसार एक्सीडेंट जयपुर-अजमेर नेशनल हाईवे पर हुआ। बगरू थाने एसएचओ चंद्रभान ने बताया- हादसा रात करीब 1:50 बजे हुआ। ट्रैवलर में नासिक (महाराष्ट्र) के 28 श्रद्धालु थे, जो जयपुर से सांवलिया सेठ (चित्तौड़गढ़) जा रहे थे। बगरू पुलिया से उतरते समय बस आग चल रहे ट्रेलर में घुस गई। हादसे में तीन जनों की मौके पर ही मौत हो गई। घायलों को जयपुर के सवाई मानसिंह हॉस्पिटल (SMS) में एडमिट कराया गया है। घायलों का कहना है कि ट्रैवलर ड्राइवर नशे में था। ड्राइवर की जिद के कारण एक्सीडेंट घायल पैसेंजर प्रवीण ने बताया हम रात करीब 10.30 बजे जयपुर से निकले थे। ड्राइवर से रात में चलने के लिए मना भी किया था, लेकिन वो माना नहीं। उसने शराब भी पी रखी थी। बगरू पुलिया से उतरते समय बस अनकंट्रोल हो गई और आगे चल रहे ट्रेलर से टकरा गई। एक्सीडेंट में ट्रैवलर में आगे बैठीं सवारियां बुरी तरह से घायल हो गईं। एक्सीडेंट में 18 पैसेंजर्स घायल हुए है, इनमें से एक की हालत गंभीर है। इनपुट: सोनूराम बैरवा (दूदू) …. ये खबर भी पढ़िए… राजस्थान-तेज रफ्तार कार खाई में गिरी, 4 दोस्तों की मौत:टायर फटने से बेकाबू हुई, आगरा के रहने वाले थे, खाटूश्यामजी से लौट रहे थे जयपुर जिले के रायसर में नेशनल हाईवे-148 (दौसा-मनोहरपुर) पर स्विफ्ट कार टायर फटने से खाई में गिर गई। कार में 6 दोस्त थे, इनमें से 4 की मौके पर ही मौत हो गई। पूरी खबर पढ़िए…
श्रीलंका में न्यूजीलैंड की सोलो महिला ट्रैवलर से गंदी हरकत, सेक्स की डिमांड कर सामने ही करने लगा मास्टरबेट, फिर भी की देश और लोगों की तारीफ
कश्मीर और मनाली की हसीन वादियों को टक्कर देता है रांची का यह छिपा हुआ पर्यटन स्थल
जब भी छुट्टियों या वीकेंड की बात आती है, तो हमारे जेहन में सबसे पहले कश्मीर, शिमला, मनाली या उत्तराखंड की पहाड़ियों के नाम आते हैं। हम सोचते हैं कि खूबसूरत वादियां, कलकल करते झरने और हरी-भरी पहाड़ियों का आनंद लेने के लिए हमें दूर-दराज के राज्यों में ही जाना पड़ेगा। लेकिन क्या आप जानते हैं कि झारखंड की सांस्कृतिक और प्राकृतिक रूप से समृद्ध राजधानी रांची के आसपास ऐसे कई अद्भुत और मनमोहक पर्यटन स्थल छिपे हैं, जो खूबसूरती के मामले में किसी भी हिल स्टेशन से कम नहीं हैं? इन जगहों की सबसे बड़ी खासियत यह है कि ये महानगरों की भीड़भाड़ और कोलाहल से कोसों दूर प्रकृति की गोद में सुकून भरे पल बिताने के लिए एकदम परफेक्ट मानी जाती हैं। यदि आप भी इस वीकेंड अपने परिवार या दोस्तों के साथ किसी ऐसी जगह की तलाश में हैं जहाँ पॉकेट पर ज्यादा भारी पड़े बिना जन्नत जैसा सुकून मिल सके, तो रांची के पास स्थित यह शानदार पिकनिक स्पॉट आपकी इस तलाश को पूरी तरह से खत्म कर देगा।मात्र 20 रुपये के प्रवेश शुल्क में मिलता है असीम आनंद और प्राकृतिक सौंदर्य का खजानाआज के इस मंहगाई भरे दौर में जहां किसी भी पर्यटन स्थल पर घूमना जेब पर काफी भारी पड़ता है, वहीं रांची के पास स्थित इस लोकप्रिय पिकनिक स्पॉट पर घूमना बेहद किफायती और जेब के अनुकूल है। यहां घूमने के लिए प्रति व्यक्ति प्रवेश शुल्क मात्र 20 रुपये निर्धारित किया गया है, जिसके बदले में आपको प्रकृति का ऐसा असीम और अद्भुत खजाना मिलता है जो बड़े-बड़े महंगे रिसॉर्ट्स में भी आसानी से नहीं मिल पाता। कम बजट होने के बावजूद यहां मिलने वाली सुविधाएं और साफ-सुथरा वातावरण पर्यटकों को बार-बार यहां आने के लिए मजबूर कर देता है। पार्क के अंदर प्रवेश करते ही चारों तरफ फैली हरियाली, ठंडी हवा के झोंके और खूबसूरत फूलों की क्यारियां आपका स्वागत करती हैं। यह जगह न केवल फोटोग्राफी के शौकीनों के लिए जन्नत है, बल्कि बच्चों और बुजुर्गों के टहलने और सुकून के पल बिताने के लिए भी बेहद सुरक्षित और शानदार मानी जाती है।बोटिंग का रोमांच और शांत वातावरण में बिताए गए सुहाने पलइस पिकनिक स्पॉट की सबसे बड़ी खासियत यहां की विशाल झील और उसमें उपलब्ध बोटिंग (Boating) की सुविधा है। शांत पानी के बीच जब आप बोट की सवारी करते हैं, तो चारों तरफ पहाड़ियों और पेड़ों की परछाई झील के पानी में तैरती हुई नजर आती है, जो मन को अंदर तक मोह लेती है। ठंडी हवाओं के बीच पानी की लहरों को चीरती हुई नाव का सफर हर उम्र के सैलानी के लिए एक रोमांचक अनुभव बन जाता है। इसके अलावा, जो लोग भागदौड़ भरी जिंदगी से दूर कुछ पल शांति के बिताना चाहते हैं, उनके लिए झील के किनारे बैठकर ठंडी हवा का लुत्फ उठाना किसी मेडिटेशन से कम नहीं है। प्रेमी जोड़ों, फै밀ियों और कॉलेज के छात्र-छात्राओं के बीच यह स्थान अपने शांत और खुशनुमा माहौल के कारण हमेशा से पहली पसंद रहा है। यहां लोग सुबह से ही अपना टिफिन और खाने-पीने का सामान लेकर पिकनिक मनाने के लिए पहुंच जाते हैं और दिनभर प्रकृति के सान्निध्य में आनंद लेते हैं।परिवार और दोस्तों के साथ वीकेंड बिताने के लिए रांची की यह जगह है एकदम परफेक्टयदि आप भी अपनी रोजमर्रा की व्यस्त दिनचर्या से ऊब चुके हैं और मानसिक तनाव को दूर करने के लिए किसी बेहतरीन जगह की तलाश कर रहे हैं, तो बिना ज्यादा सोचे रांची के इस खूबसूरत पिकनिक स्पॉट का रुख करें। यहां पहुंचने के लिए शहर के मुख्य हिस्सों से आसानी से लोकल ट्रांसपोर्ट, ऑटो या अपनी निजी गाड़ियों की सुविधा मिल जाती है। स्थानीय प्रशासन और पर्यटन विभाग द्वारा भी इस स्थल की साफ-सफाई और सुरक्षा का विशेष ध्यान रखा जाता है ताकि दूर-दराज से आने वाले पर्यटकों को किसी भी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े। तो फिर देर किस बात की? इस वीकेंड अपना कैमरा उठाइए, अपनों को साथ लीजिए और मात्र 20 रुपये के किफायती खर्च में रांची की इस खूबसूरत वादी में एक यादगार पिकनिक का आनंद उठाने के लिए निकल पड़िए।
Travel Tips: Manipur घूमने का प्लान है तो Imphal में Kangla Fort और Loktak Lake जरूर देखें
इंफाल एयरपोर्ट बेहद खूबसूरत है। यहां की ताजी हवा और खुला आकाश आपका मन मोह लेगा। मणिपुरी शैली की हरी छतों वाला यह छोटा और बेहद खूबसूरत एयरपोर्ट इतना सहज है कि आप फ्लाइट से उतरकर पैदल ही भवन में जा सकते हैं। महानगरों की भागदौड़ से दूर इस शहर की अपनी खासियत है। ऐसे में अगर आप भी मणिपुर जाने का प्लान कर रही हैं। तो यह आर्टिकल आपके लिए है। क्योंकि हम आपको बताने जा रहे हैं कि आप मणिपुर के इंफाल में कौन-कौन सी जगहों को एक्सप्लोर कर सकती हैं। इमा मार्केट शहर के बीचों-बीच इमा मार्केट है। यह महिलाओं यानी की माताओं द्वारा चलाया जाने वाला बाजार है। यह मार्केट सिर्फ महिलाओं द्वारा चलाई जाती है। आप यहां से फनेक, ब्लाउज, शॉल, दुपट्टे, चादर, गमछे और भी कई तरह की चीजें ले सकती हैं। इसे भी पढ़ें: Bird Watching के शौकीनों के लिए बेस्ट हैं ये 5 जगहें, सर्दियों में दिखेंगे रंग-बिरंगे पक्षी कांगला किला की सैर आपको इंफाल में दो जगहें जरूर देखनी चाहिए। पहली कांगला किला और दूसरा लोकताल लेक। कांगला फोर्ट शहर के बीच इंफाल नदी के किनारे स्थित है। मेतेई भाषा में इसका अर्थ है जमीन का मुख्य भाग। मणिपुरी भाषा भी भारत की 22 आधिकारिक भाषाओं की लिस्ट में से एक है। यहां के राजवंश के शासकों की कांगला फोर्ट राजधानी हुआ करता था और आज भी मणिपुर के लोगों के लिए गौरवपूर्ण ऐतिहासिक स्थल है। इस फोर्ट के मुख्य द्वार पर सिंह की आकृति की दो मूर्तियां लगी हैं, जिनको देवताओं का देव कहा जाता है। यहां पर घूमने के लिए गोल्फ कार्ट की सुविधा मौजूद है। मणिपुरी भाषा भी भारत की 22 आधिकारिक भाषाओं की सूची में से एक है। कांगला फोर्ट राजधानी हुआ करता था और आज भी मणिपुर के निवासियों के लिए एक गौरवपूर्ण ऐतिहासिक स्थल है। इसके अलावा आप यहां पर कांगला संग्रहालय, बोट म्यूजियम और पुरातत्व संग्रहालय देख सकते हैं। सानामाही मंदिर और पखंबा मंदिर आप सानामाही मंदिर और पखंबा मंदिर को देख सकते हैं। सानामाही मेतेई वास्तुकला का बेजोड़ नमूना है। इस मंदिर के ऊपर सींगों की आकृति बनी है, जिसको मेतेई लोग पवित्र और शुभ मानते हैं। यहां पर कई दर्शनीय स्थल है, जैसे राजा बोधचंद्र की समाधि और महाराजा नरसिंह की घोड़े पर सवार मूर्ति आदि। इसके अलावा यहां महाराजा नरसिंह द्वारा बनवाया गया श्री गोविंद जी मंदिर भी देख सकते हैं। लोकताक लेक आप इस दौरान लोकताल लेक भी जा सकते हैं। यह पूरे नॉर्थ ईस्ट की सबसे बड़ी और फ्रेश वाटर लेक है। इसकी खासियत है कि झील के ऊपर तैरते हुए भूखंड हैं, जिनको स्थानीय भाषा में 'फुम्डी' भी कहा जाता है। फुम्डी वनस्पति और अन्य जैविक तत्वों से बना एक बायोमास होता है, जो जमीन की शक्ल ले लेता है, लेकिन पानी के ऊपर तैरता रहता है। मोइरांग के पास लोकताक झील स्थित है, जहां आईएनए का संग्रहालय भी है। इस संग्रहालय में नेताजी सुभाष चंद्र बोस और उनकी सेना से संबंधित वस्तुएं देख सकते हैं। वहीं आप इंडियन पीस मेमोरियल देख सकते हैं। यह स्मारक उन भारतीय शहीदों की याद में बनाया गया है, जोकि सेकेंड वर्ल्ड वॉर में आजाद हिंद फौज के तहत जापानी सेना के साथ मिलकर लड़े थे। इस रेड हिल के पास उन्होंने ब्रिटिश सेना को हराया था। इन बातों का रखें खास ध्यान ट्रेन से इंफाल जाने के लिए आपको सबसे पहले दीमापुर या गुवाहाटी जाना होगा। यहां से इंफाल के लिए बस ले सकते हैं। इसके अलावा देश के सभी प्रमुख शहरों से फ्लाइट द्वारा भी आप यहां पर जा सकते हैं। आप सितंबर से लेकर अप्रैल के लिए बीच का समय इंफाल जाने के लिए सबसे बेहतर होता है। क्योंकि इस दौरान यहां का मौसम सुहावना रहता है। मणिपुर राज्य में यात्रा करने के लिए भारतीय नागरिकों को राज्य सरकार से आपको इनर लाइन परमिट लेना जरूरी है। अब यह सुविधा ऑनलाइन मौजूद है। आप मणिपुर सरकार के ऑफिशियल पोर्टल पर जाकर इसके लिए आवेदन कर सकते हैं। इसके अलावा आप इसको कोलकाता, दिल्ली और गुवाहाटी स्थित मणिपुर भवन से भी प्राप्त कर सकते हैं। साथ ही आपको इंफाल एयरपोर्ट पर भी यह उपलब्ध है।
अधिकारी मध्य प्रदेश की विविध पेशकशों पर प्रकाश डालते हैं, जिनमें वन्यजीव और आदिवासी विरासत से लेकर ग्रामीण अनुभव,
जैसलमेर में तापमान 40 डिग्री पहुंचा:दोपहर में सड़कें सूनी; पर्यटन कारोबार पर भी असर
जैसलमेर में अक्टूबर के आखिरी दिनों में भी गर्मी से राहत नहीं मिल रही है। गुरुवार दोपहर तापमान 39 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया। आमतौर पर इस समय हल्की ठंडक शुरू हो जाती है, लेकिन इस बार तेज धूप और उमस से लोग परेशान हैं। मौसम विशेषज्ञों के मुताबिक, अगले कुछ दिनों तक तापमान में बड़े बदलाव की संभावना नहीं है। 5 साल में दूसरी बार अक्टूबर में 40 डिग्री पिछले 5 साल में यह दूसरा मौका है, जब अक्टूबर के आखिरी दिनों में जैसलमेर का तापमान 40 डिग्री सेल्सियस के करीब पहुंचा है। इससे पहले 2024 में भी अक्टूबर के अंत में तापमान 40 डिग्री दर्ज किया गया था। इस साल मानसून के दौरान कम बारिश होने से जमीन में नमी कम हो गई है। ऐसे में स्थानीय लोगों के साथ पर्यटकों को भी तेज गर्मी और उमस का सामना करना पड़ रहा है। गर्मी से पर्यटन कारोबार पर असर जैसलमेर में पर्यटन का सीजन सुहावने मौसम के साथ शुरू होता है। 15 अक्टूबर के बाद सोनार दुर्ग, गड़ीसर लेक और सम-खुहड़ी के सैंड ड्यून्स पर पर्यटकों की आवाजाही बढ़ने लगती है। लेकिन इस बार दोपहर की तेज धूप और गर्म रेत के कारण खुले रेतीले इलाकों में घूमना पर्यटकों के लिए मुश्किल हो रहा है। टेंट और रिसॉर्ट में ठहरने वाले सैलानियों को भी गर्मी से राहत नहीं मिल रही। शाम के बाद भी उमस बनी रहने से रात में पंखे और कूलर से भी राहत कम मिल रही है। अगले कुछ दिनों तक राहत के आसार नहीं मौसम विशेषज्ञों के अनुसार, पश्चिमी राजस्थान के वायुमंडल में बने एंटी-साइक्लोनिक सर्कुलेशन और मानसूनी बारिश की कमी के कारण अगले कुछ दिनों तक तापमान में बड़े बदलाव की उम्मीद नहीं है। हवा की दिशा में बदलाव होने तक जैसलमेर में गर्मी का असर बना रह सकता है।
रतलाम की पहचान अब सिंगापुर में आयोजित अंतरराष्ट्रीय पर्यटन मेले में मध्य प्रदेश की मेहमाननवाजी का हिस्सा बनी है। आईटीबी एशिया 2026 में मध्य प्रदेश पवेलियन पर विदेशी मेहमानों को रतलामी सेंव का स्वाद चखाया जा रहा है।
शहर के खेल ढांचे, सांस्कृतिक धरोहर, पर्यटन और नागरिक सुविधाओं को नया विस्तार मिलने जा रहा है। सरकार से वित्तीय वर्ष, 26-27 के तहत जिले के लिए कुल 16 करोड़ 95 लाख रुपये के 14 विकास कार्यों को प्रशासनिक व तकनीकी मंजूरी दे दी है। इसमें से 8.75 करोड़ रुपये योजना मद से तथा 8.20 करोड़ रुपये कन्वर्जेंस (बीडीए, सीएसआर व अन्य मद) से जुटाए जाएंगे। योजना के कुल बजट का 80 फीसदी से अधिक हिस्सा यानी 14.05 करोड़ रुपये अकेले बीकानेर शहरी क्षेत्र के कायाकल्प पर खर्च होगा, जिसके अधिकांश कार्यों का जिम्मा बीकानेर विकास प्राधिकरण को सौंपा गया है। शहरी क्षेत्र में स्वीकृत प्रमुख परियोजनाओं में गजल सम्राट की स्मृति में बनने वाला जगजीत सिंह मेमोरियल म्यूजियम सबसे बड़ा प्रोजेक्ट है जिस पर 5 करोड़ रुपए खर्च होंगे। इसका निर्माण बीडीए करेगा। इसके अलावा बीडीए की ओर से डॉ. करणी सिंह स्टेडियम में खेल सुविधाओं का विस्तार करते हुए डेढ़ करोड़ की लागत से सिंथेटिक ट्रैक, एक करोड़ से दो लॉन टेनिस ग्राउंड, 80 लाख की लागत से तीरंदाजी खेल मैदान, उपकरण व अन्य निर्माण कार्य कराए जाएंगे। पर्यटकों को आकर्षित करने के लिए एक करोड़ की लागत से जूनागढ़ परकोटे के बाहर सड़क व लाइट कार्य, 50 लाख की लागत से हाईवे पर साइनेज/होर्डिंग व टीएएफ बूथ गुमटी (पर्यटक सहायता केंद्र), डेढ़ करोड़ खर्च कर सर्किट हाउस में नए कमरों का निर्माण किया जाएगा। इसके अलावा जोहड़बीड़ गिद्ध संरक्षण एवं इको-टूरिज्म पर 65 लाख, एसपी मेडिकल कॉलेज ऑडिटोरियम में विद्युतीकरण पर एक करोड़, पवनपुरी में बौद्धिक दिव्यांग पुनर्वास गृह सेवा आश्रम के नवीनीकरण पर 75 लाख, पीजी हॉस्टल सीवरेज को आरयूआईडीपी की मुख्य लाइन से जोड़ने पर 35 लाख 35.00 लाख रुपए खर्च होंगे। ग्रामीण विकास विभाग ने डॉ. श्यामाप्रसाद मुखर्जी जिला उत्थान योजनांतर्गत इन कार्यों की प्रशासनिक व तकनीकी मंजूरी दी है। कस्बों और ग्रामीण क्षेत्रों के 3 प्रोजेक्ट 1.40 करोड़ रुपए खर्च कर नापासर के राजीव गांधी स्टेडियम में सिंथेटिक वॉलीबॉल, बास्केटबॉल, टेनिस कोर्ट, टेबल टेनिस हॉल, हाई पोल व मॉडर्न कैमरा निर्माण कराया जाएगा। कार्यकारी एजेंसी ईओ, नगर पालिका नापासर होगी। श्रीडूंगरगढ़ में डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी स्टेडियम निर्माण व अन्य कार्यों पर एक करोड़ रुपए खर्च होंगे। कार्यकारी एजेंसी नगर पालिका श्रीडूंगरगढ़ होगी। खाजूवाला में नगर वन / मातृ वन, भ्रमण पथ, हाई मास्ट लाइट व फेंसिंग कार्य पर 50 लाख रुपए खर्च होंगे। कार्यकारी एजेंसी पंचायत समिति खाजूवाला होगी। निर्माण की 4 सख्त शर्तें गुणवत्ता पर समझौता नहीं ई-वर्क पोर्टल अनिवार्य: सभी स्वीकृतियां ‘ई-वर्क पोर्टल’ से ही ऑनलाइन जारी होंगी और कार्यस्थल की अनिवार्य जियो-टैगिंग की जाएगी।सड़क के साथ नाली जरूरी: सीसी रोड या इंटरलॉकिंग खरंजा निर्माण के साथ ही नाली निर्माण अनिवार्य होगा। एक कमेटी की ओर से गुणवत्ता की जांच की जाएगी।नो डुप्लीकेसी: तकनीकी स्वीकृति से पूर्व यह प्रमाणित करना होगा कि कार्य किसी अन्य योजना में शामिल नहीं है।विवादित जमीन पर रोक: कार्य केवल सरकारी व सार्वजनिक उपयोग की भूमि पर ही होंगे। विवादित स्थल पर स्वीकृति नहीं मिलेगी।
फर्जी आधार पर ट्रैवल एजेंसी से किराए पर लेते थे वाहन, फिर कर देते थे गायब
दिल्ली में वाहन चोरी की घटनाओं को अंजाम देने वाले गिरोह के खिलाफ दिल्ली पुलिस और कांके पुलिस ने संयुक्त कार्रवाई की। गुरुवार सुबह करीब पांच बजे सुहाना सिटी स्थित मुख्य आरोपी समीर अंसारी के आवास पर छापेमारी की गई। पुलिस ने घर से चोरी के दो थार वाहन, चार मोटरसाइकिल और फर्जी नंबर प्लेट बरामद की। हालांकि, समीर पुलिस को चकमा देकर फरार हो गया। उसके परिजनों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। पुलिस के अनुसार, गिरोह के सदस्य फर्जी आधार कार्ड और पहचान पत्र के सहारे ट्रैवल एजेंसियों से वाहन किराये पर लेते थे और फिर गायब हो जाते थे। पिछले करीब आठ महीनों से इस तरह की घटनाओं को अंजाम देने का आरोप है। बाद में वाहनों की नंबर प्लेट बदलकर उन्हें बेच दिया जाता था या कबाड़ में खपा दिया जाता था। दिल्ली पुलिस ने गिरोह तक पहुंचने के लिए जीपीएस लगे वाहन को ट्रैवल एजेंसी से किराए पर लगवाया था। गिरोह के सदस्य वाहन लेकर कांके पहुंचे, जिसके बाद जीपीएस लोकेशन के आधार पर पुलिस ने छापेमारी की। पुलिस के मुताबिक, समीर घर के पिछले दरवाजे से निकलकर धान के खेत की ओर भाग गया। घर से एक कथित फर्जी पासपोर्ट भी बरामद हुआ है। पुलिस गिरोह के अन्य सदस्यों और चोरी के वाहनों के नेटवर्क की जांच कर रही है।
पिंजौर को पर्यटक केंद्र और राई पर्यटक क्षेत्र में बसाएंगे एथनिक शहर
नीदरलैंड की महिला ट्रैवलर ने हरियाणा में अनुभव किया ‘अतिथि देवो भव’
नीदरलैंड की महिला ट्रैवलर ने हरियाणा में अनुभव किया ‘अतिथि देवो भव’
NDTV World Summit 2026 में VFS Global के फाउंडर और सीईओ जुबिन करकारिया ने बताया कि दुनिया में ट्रैवल और टूरिज्म तेजी से बढ़ रहा है.
उत्तर प्रदेश में मंदिर मॉडल और धार्मिक पर्यटन से आर्थिक विकास: प्रो. अनूप मिश्रा
योगी सरकार की धार्मिक पर्यटन रणनीति से रोजगार, निवेश और इंफ्रास्ट्रक्चर को बढ़ावा मिल रहा है, जिससे यूपी की अर्थव्यवस्था को नई मजबूती मिली है।
बिहार के पर्यटन स्थलों और उत्पादों को वैश्विक पहचान दिलाने में विदेश सेवा के अधिकारियों की भूमिका महत्वपूर्ण :सीएम सम्राट चौधरी
झालावाड़ में अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (एबीवीपी) ने लोकमंथन यात्रा का आयोजन किया। इसके तहत विद्यार्थियों को जिले के प्रमुख पर्यटन स्थलों का भ्रमण कराया गया। इस यात्रा का मकसद विद्यार्थियों को क्षेत्र की ऐतिहासिक, सांस्कृतिक और धार्मिक विरासत से परिचित कराना था। उन्हें भारतीय संस्कृति, लोक परंपराओं और ऐतिहासिक धरोहर का महत्व समझाया गया। पर्यटन स्थलों के भ्रमण के बाद राजकीय स्नातकोत्तर कॉलेज, झालावाड़ के ऑडिटोरियम में कार्यक्रम का समापन हुआ। नगर अध्यक्ष हर्षित शर्मा और नगर सहमंत्री अजय खुण्डारा के नेतृत्व में यह गतिविधियां हुईं। इस मौके पर जान्वी श्रृंगी, कुलदीप सिंह, सक्षम ठाकुर और अभिमन्यु सिंह सहित विद्यार्थी परिषद के कई कार्यकर्ता मौजूद रहे।
राजस्थान में देश-विदेश से आने वाले पर्यटकों की सुरक्षा और सहायता के लिए तैनात राजस्थान पुलिस की पर्यटन सुरक्षा बल (Tourist Assistance Force) लगातार अपनी बेहतरीन कार्यशैली से न केवल कानून व्यवस्था संभाल रही है, बल्कि मानवीय संवेदनाओं की अनूठी मिसाल भी पेश कर रही है।
दिल्ली में फिर उड़ेगा हॉट एयर बैलून: 14 नवंबर से बांसेरा पार्क में लें राइड का मज़ा; छुट्टी वाले दिन उठाएं एडवेंचर का लुत्फ
गुलमर्ग में पर्यटकों और सार्वजनिक शांति भंग करने के आरोप में छह लोगों के खिलाफ पुलिस ने कार्रवाई की है। पुलिस का कहना है कि पर्यटन स्थल पर अनुशासन बनाए रखना और पर्यटकों को सुरक्षित माहौल देना उनकी प्राथमिकता है।
Rahul Gandhi के Vietnam दौरे पर बोले Shashi Tharoor, मैं कोई ट्रैवल एजेंट नहीं हूं
बुधवार को कांग्रेस सांसद शशि थरूर ने कहा कि वह कोई ट्रैवल एजेंट नहीं हैं। उनसे यह सवाल पूछा गया था कि नई दिल्ली में CEC ज्ञान कुमार और मतदाता सूची (electoral rolls) के SIR को लेकर हो रहे विरोध-प्रदर्शनों के बीच, लोकसभा में विपक्ष के नेता (LoP) राहुल गांधी विदेश यात्रा पर क्यों गए हैं। थरूर की यह टिप्पणी तब आई, जब बीजेपी ने राहुल गांधी की विदेश यात्रा को लेकर उनकी आलोचना की। बीजेपी ने राहुल पर आरोप लगाया है कि दिल्ली में विरोध-प्रदर्शनों के दौरान झूठ बोल-बोलकर थक जाने के बाद वे छुट्टी पर चले गए हैं। इसे भी पढ़ें: SIR प्रक्रिया पर भड़के Shashi Tharoor, मुख्य निर्वाचन आयुक्त के इस्तीफे की मांग उठाई थरूर केरल में थे, जब पत्रकारों ने उनसे पूछा कि गांधी विदेश क्यों गए। इस पर कोई भी टिप्पणी करने से इनकार करते हुए थरूर ने कहा, मैं कोई ट्रैवल एजेंट नहीं हूँ। मुझसे यह सवाल पूछने का कोई मतलब नहीं है। मैं दिल्ली छोड़कर अभी यहाँ क्यों आया? हर इंसान की कुछ जिम्मेदारियाँ होती हैं। इसलिए, मैं इस पर कोई टिप्पणी नहीं कर सकता। राहुल गांधी चल रहे विरोध-प्रदर्शनों के बीच चार दिन की वियतनाम यात्रा पर चले गए, जिसकी भाजपा ने कड़ी आलोचना की है। भाजपा ने पहले भी उनके विदेश दौरों पर सवाल उठाए हैं और राजनीतिक टकराव के दौरान इनका इस्तेमाल किया है। भाजपा के अनुसार, दिल्ली में विरोध-प्रदर्शनों के दौरान झूठ बोल-बोलकर थक जाने के बाद गांधी छुट्टी मनाने चले गए। पार्टी ने X पर एक वीडियो भी शेयर किया है, जिसमें कथित तौर पर गांधी वियतनाम जाने वाली एक फ्लाइट में बैठे दिख रहे हैं। पार्टी ने सवाल किया कि राहुल गांधी के विदेश दौरों का एजेंडा क्या है? बीजेपी नेता संबित पात्रा ने गांधी पर सत्ता परिवर्तन की साजिश रचने का आरोप लगाया और दावा किया कि वे जॉर्ज सोरोस से क्लास लेने विदेश गए थे। इसे भी पढ़ें: Nobel Peace Prize विजेता Navi Pillay को बधाई न देने पर Shashi Tharoor ने केंद्र को घेरा उन्होंने कहा कि उनके आका, उनके सरगना राहुल गांधी विदेश गए थे ताकि जॉर्ज सोरोस और उनकी कंपनी से यह सीख सकें कि भारत को कैसे बर्बाद किया जाए, सत्ता परिवर्तन कैसे लाया जाए, और उनसे कहाँ चूक हुई... उन्होंने हर मुमकिन कोशिश की, लेकिन भारत की जनता ने उनका साथ नहीं दिया। अब उनका पूरा ध्यान इस बात पर है कि आगे क्या करना है और इस एजेंडे को कैसे आगे बढ़ाना है, ताकि भारत बर्बादी की कगार पर पहुँच जाए और यहाँ सत्ता परिवर्तन लाया जा सके।
उत्तराखंड बना फिल्म शूटिंग का नया डेस्टिनेशन, सीएम धामी बोले- नई नीति से बढ़ रहा पर्यटन और रोजगार
उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने गुरुवार को नई फिल्म नीति की सराहना करते हुए राज्य को फिल्म शूटिंग का नया डेस्टिनेशन बताया। उन्होंने कहा कि नई फिल्म नीति से प्रदेश में फिल्म शूटिंग को बढ़ावा मिला। इससे शूटिंग की संख्या में भी वृद्धि ...
'मैं ट्रैवल एजेंट नहीं हूं...': राहुल गांधी के वियतनाम दौरे संबंधी सवाल पर भड़के शशि थरूर
मुख्य चुनाव आयुक्त के खिलाफ चल रहे विरोध प्रदर्शनों के बीच राहुल गांधी के विदेश दौरे पर पूछे गए एक तीखे सवाल पर कांग्रेस सांसद शशि थरूर भड़क गए। उन्होंने कहा कि मैं कोई ट्रैवल एजेंट नहीं हूं। एक तरफ जहां कांग्रेस नेता के वियतनाम दौरे को लेकर बीजेपी ...
मैं ट्रैवल एजेंट नहीं... राहुल गांधी के विदेश जाने वाले सवाल पर शशि थरूर का जवाब
बीजेपी ने कहा, दिल्ली में विरोध-प्रदर्शनों के बीच राहुल गांधी झूठ बोल-बोलकर थकने के बाद छुट्टी मनाने चले गए. बीजेपी ने एक्स पर एक वीडियो भी शेयर किया, जिसमें कथित तौर पर गांधी वियतनाम जाने वाली फ्लाइट में बैठे दिखाई दिए.
कैबिनेट की बैठक बृहस्पतिवार को मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की अध्यक्षता में सचिवालय में होगी।
Mandi News: दक्षिण एशिया के प्रमुख पर्यटन व्यापार मेले में दिखेगी सराज घाटी की झलक
प्राकृतिक सौंदर्य, समृद्ध देव संस्कृति और साहसिक पर्यटन की अपार संभावनाओं से भरपूर सराज घाटी को अंतरराष्ट्रीय पर्यटन मानचित्र पर पहचान दिलाने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल की जा रही है।
Lakhimpur Kheri News: दुधवा का पर्यटन सत्र शुरू होने की उल्टी गिनती शुरू
दुधवा टाइगर रिजर्व (डीटीआर) का 2026-27 का पर्यटन सत्र शुरू होने की उल्टी गिनती शुरू हो गई है। एक नवंबर से शुरू हो रहे टूरिज्म सीजन में सैलानियों के स्वागत की तैयारियां लगभग पूरी कर ली गई हैं।
Almora News: भूस्खलन से वृद्ध जागेश्वर मार्ग पांच दिन से बंद, पर्यटन कारोबार ठप
भूस्खलन से वृद्ध जागेश्वर मार्ग पांच दिन से बंद, पर्यटन कारोबार ठप
Travel Tips: Dussehra पर रावण दहन नहीं, Bisrakh और Baijnath जैसे गांवों में होती है पूजा
भारत देश में आपको कई ऐसे अनोखे गांव मिल जाएंगे, जिनकी रहस्यमयी कहानियां सुनकर लोग हैरान रह जाते हैं। भारत अपनी अनोखी परंपराओं और प्राचीन मान्यताओं के लिए विदेशों में भी फेमस है। यहां पर आपको कदम-कदम पर इतिहास के अलग-अलग रंग देखने को मिल जाएंगे। वहीं दशहरे के मौके पर रावण, कुंभकरण और मेघनाद जैसे दानवों के पुतले जलाए जाते हैं। लेकिन क्या आप जानते हैं कि भारत में कुछ ऐसे गांव भी हैं, जहां पर रावण दहन नहीं बल्कि उनकी पूजा-अर्चना की जाती है। ऐसे में आज इस आर्टिकल के जरिए हम आपको इन अनोखे गांव के बारे में बताने जा रहे हैं। बैजनाथ, कांगड़ा हिमाचल प्रदेश के कांगड़ा जिले में स्थित बैजनाथ में रावण ने घोर तपस्या करके भगवान शिव को प्रसन्न किया था। यहीं पर रावण ने महादेव को अपने 10 सिर अर्पित किए थे। वहीं दशानन की अटूट भक्ति की वजह से यहां के स्थानीय लोग रावण को महादेव का परम भक्त मानते हैं। यहां पर दशहरे के मौके पर रावण दहन की बजाय लोग दीपक जलाकर पूजा करते हैं। इसे भी पढ़ें: भारत-तिब्बत सीमा पर 3,450 मीटर ऊंचाई पर बसा है Chitkul, Kinnaur के इस गांव का रास्ता बिसरख गांव उत्तर प्रदेश के बिसरख गांव का नाम लंकापति रावण के पिता महर्षि विश्रवा के नाम पर पड़ा था। इसलिए इस गांव के लोग दशानन को अपना बेटा मानते हैं। यही वजह है कि यहां पर कभी रामलीला का आयोजन नहीं होता है और न ही दशहरा के मौके पर रावण दहन किया जाता है। इस गांव में दशहरा के दिन शोक का माहौल रहता है। वहीं रावण की आत्मा की शांति के लिए विशेष पूजा भी की जाती है। मंदसौर मध्य प्रदेश के मंदसौर के स्थानीय लोग दशानन रावण को अपने क्षेत्र का दामाद मानते हैं। इस जगह का प्राचीन नाम 'दशपुर' था। जिसको रावण की पत्नी मंदोदरी का मायका माना जाता है। मंदसौर के खानपुरा में दशहरे के दिन रावण दहन नहीं किया जाता है। वहीं महिलाएं जब रावण की प्रतिमा के सामने से गुजरती है, तो दामाद होने के नाते उसके सम्मान में घूंघट निकालती हैं। बस्तर और दक्षिण भारत मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ के बस्तर क्षेत्र में गोंड और बैगा आदिवासी समुदाय के लोग ताड़का को अपनी रक्षक और कुलदेवी के रूप में मानते हैं। वहीं कर्नाटक के कोलार और मांड्या जिले में भी ऐसे गांव हैं, जहां पर ताड़का की शक्तियों और रावण के ज्ञान का आदर किया जाता है। यहां के निवासी दीपक जलाकर उनकी पूजा करते हैं। कैसे पहुंचे इन अनोखे गांवों तक बता दें कि इस सभी जगहों पर आप ट्रेन या फ्लाइट के जरिए पहुंच सकती हैं। नजदीकी रेलवे स्टेशन या एयरपोर्ट पर पहुंचते ही आप कई लोकल टैक्सी या कैब आसानी से मिल जाएंगी। जिससे आप इन गांवों तक पहुंच सकती हैं।
झारखंड: सेवाती घाटी की बदलेगी तस्वीर! मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने पर्यटन स्थल बनाने के दिए निर्देश
झारखंड के बोकारो जिले के कसमार प्रखंड में स्थित प्राकृतिक सुंदरता से भरपूर सेवाती घाटी को पर्यटन स्थल के रूप में विकसित करने की उम्मीद बढ़ गई है।
गौतम बुद्ध नगर के सांसद व पूर्व केंद्रीय पर्यटन व संस्कृति मंत्री डॉ महेश शर्मा आज अयोध्या और बस्ती के दौरे पर हैं। वे सुबह 10:40 पर महर्षि वाल्मीकि एयरपोर्ट पहुचेंगे।यहा भाजपा के नेता उनका स्वागत करेंगे।इसके बाद वे पार्टी नेताओं के साथ कार द्वारा बस्ती के लिए रवाना होंगे। डॉ महेश शर्मा भाजपा के राष्ट्रीय महामंत्री हरीश द्विवेदी की दिवंगत मां को श्रद्धांजलि देंगे। वहां से लौटकर अयोध्या में राम मंदिर में दर्शन पूजन करेंगे। इसके बाद डॉ महेश शर्मा शाम 4:30 बजे महर्षि वाल्मीकि एयरपोर्ट से दिल्ली के लिए रवाना होंगे।
व्यापार बढ़ेगा, शिक्षा और पर्यटन के क्षेत्र में होंगे फायदे
मंगलवार को ताड़ोकी-रावघाट रेल लाइन के शुभारंभ के साथ ही क्षेत्रवासियों को रावघाट से रायपुर के बीच पहली बार 12 बोगी वाली नई मेमू ट्रेन की बड़ी सौगात मिलने जा रही है। दोपहर 1:30 बजे रायपुर रेलवे स्टेशन के प्लेटफॉर्म नंबर 7 और रावघाट स्टेशन पर आयोजित कार्यक्रम में केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव (दिल्ली से) और मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय (रायपुर से) वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए इस नई रेल सेवा का शुभारंभ करेंगे। डीआरएम दयानंद ने बताया कि उद्घाटन के बाद यह स्पेशल ट्रेन रावघाट से रवाना होकर दल्लीराजहरा और बालोद होते हुए रायपुर पहुंचेगी। बुधवार से ट्रेन अपने निर्धारित समय सारणी के अनुसार नियमित रूप से चलेगी। रेलवे द्वारा तय दरों के अनुसार रावघाट से रायपुर (219 किमी) का किराया 55 रूपए होगा। रायपुर से रावघाट: दोपहर 1.20 बजे रायपुर से चलेगी, शाम 4.06 बजे बालोद पहुंचेगी और मात्र 2 मिनट के ठहराव के बाद 4.40 बजे दल्ली राजहरा पहुंचेगी। वहां से यह ट्रेन 4.45 बजे छूटेगी और 7 बजे रावघाट पहुंचेगी। बालोद और दल्ली राहजरा के थोक व खुदरा व्यापारियों का सीधा संपर्क भानुप्रतापपुर और रावघाट क्षेत्र के हाट-बाजारों से जुड़ेगा। वनोपज और स्थानीय उत्पादों की आवाजाही आसान होगी, जिससे दोनों ओर के स्थानीय कारोबार को बड़ा सहारा मिलेगा। दुर्ग-भिलाई, रायपुर प्रदेश के प्रमुख एजुकेशन हब माने जाते हैं। रावघाट व अंदरूनी इलाकों के साथ बालोद जिले के छात्र-छात्राएं अब उच्च शिक्षा और कोचिंग के लिए इन शहरों तक आसानी से आ-जा सकेंगे। साथ ही, भिलाई स्टील प्लांट और रावघाट माइंस प्रोजेक्ट से जुड़े कर्मचारियों व तकनीशियनों के लिए सुरक्षित सफर का रास्ता साफ होगा। बालोद, बस्तर और कांकेर क्षेत्र की प्राकृतिक वादियों, जलप्रपातों और ऐतिहासिक धरोहरों तक रायपुर-दुर्ग-भिलाई के सैलानियों की पहुंच अब सीधी और सुरक्षित हो सकेगी। रावघाट से रायपुर: सुबह 6.30 बजे रावघाट से छूटेगी, और 8.02 बजे दल्ली राजहरा पहुंचेगी। यहां 5 िमनट के स्टॉपेज के बाद आगे 8.28 बजे बालोद पहुंचेगी। बालोद में मात्र 2 िमनट रूकने के बाद दुर्ग- भिलाई होते रायपुर के लिए रवाना होगी। यह ट्रेन दोपहर 1.05 बजे रायपुर पहुंचेगी।
Travel Tips: राजस्थान के Bera में लें बजट Night Safari और Jawai Dam का अद्भुत आनंद
राजस्थान अपने रेतीले टीले और ऐतिहासिक महलों के लिए जाना जाता है। अक्सर लोग छुट्टियां मिलने पर राजस्थान की फेमस जगहों पर घूमने के लिए निकल जाते हैं। लेकिन कुछ ज्यादा फेमस जगहों पर पर्यटकों की भारी भीड़ देखने को मिलती है। ऐसे में अगर आप सुकून के पल बिताने के साथ नाइट जंगल सफारी का मजा लेना चाहती हैं। तो आपको राजस्थान के पाली जिले में बसा छोटा सा कस्बा 'बेरा' जाना चाहिए। यह जगह आपके लिए बेस्ट डेस्टिनेशन साबित हो सकता है। राजस्थान की खास जगह यह इलाका जवाई बांध और अरावली की ग्रेनाइट पहाड़ियों के आसपास फैला हुआ है। जोकि पूरे देश में तेंदुओं की आबादी के लिए जाना जाता है। जैसलमेर या जोधपुर के महंगे टूर पैकेजों की जगह आप बजट में बेहतरीन नाइट जंगल सफारी का एक्सपीरियंस लेने के लिए राजस्थान की इस फेमस जगह बेरा जा सकती हैं। इसे भी पढ़ें: लुधियाना में है मां महागौरी का यह सिद्ध शक्तिपीठ मंदिर, महाअष्टमी पर करें दर्शन; जानें कैसे पहुंचे और क्या है खास? नाइट जंगल सफारी अक्सर लोग महंगे नेशनल पार्कों और कोर टाइगर रिजर्व्स में जाते हैं। लेकिन इसकी जगह बेरा में सफारी का एक अगल ही मजा है। यहां पर बाकी जगहों की तुलना में काफी कम खर्च होगा और आपकी ट्रिप यादगार बन सकती है। जैसलमेर या रणथंभौर की महंगी सफारी के चक्कर में पड़ने की जगह बेरा में स्थानीय गाइडों के साथ खुली जीप में आसानी से नाइट सफारी प्लान कर सकती हैं। यहां पर सरकारी सफारी की एडवांस बुकिंग को लेकर परेशान नहीं होना होगा। होमस्टे और कैंपिंग जब आप जोधपुर या जैसलमेर जैसी जगहों पर जाती हैं, तो यहां पर आप महंगे हेरिटेज होटल की बजाय बेरा और उसके आसपास के गांवों में होमस्टे में रुक सकते हैं। यब आपको आसानी से बजट में मिल जाएंगे। होमस्टे में आपको 800 से 1,500 रुपए तक में रहने के लिए अच्छे कमरे मिल जाएंगे। यहां आप रात में कैंपफायर का मजा लेने के साथ-साथ पारंपरिक राजस्थानी भोजन का स्वाद ले सकते हैं। देखें जवाई बांध और प्राकृतिक नजारे रात के समय सफारी के दौरान आपको तेंदुए के अलावा जंगल कैट, लोमड़ी, सियार और लकड़बग्घा जैसे जानवर देखने को मिल सकते हैं। जानवरों के अलावा आप बेरा के बेहद खूबसूरत प्राकृतिक नजारों का भी लुत्फ उठा सकती हैं। इस इलाके में फेमस जलाशय 'जवाई बांध' भी है। यहां पर आपको सैकड़ों मगरमच्छ पानी के किनारे धूप सेंकते दिख जाएंगे। ऐसे पहुंचे राजस्थान के बेरा गांव यहां पहुंचने का सबसे नजदीकी हवाई अड्डा उदयपुर महाराणा प्रताप एयरपोर्ट है। जोकि करीब 150 किमी दूर है। वहीं जोधपुर एयरपोर्ट करीब 170 किमी दूर है। इसके अलावा यहां का नजदीकी रेलवे स्टेशन 'जवाई बांध' और 'फालना' है। यहां से आपको सीधी टैक्सी या बसें मिल जाएंगी।
अंतरराष्ट्रीय राखीगढ़ी महोत्सव 2026 में सोमवार को मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी हिसार पहुंचे। उनके आगमन के साथ महोत्सव की गतिविधियों को लेकर लोगों में खासा उत्साह देखने को मिला। मुख्यमंत्री के साथ पर्यटन मंत्री अरविंद शर्मा, हांसी के विधायक विनोद भ्याणा, नलवा विधायक रणधीर पनिहार, भाजपा जिला अध्यक्ष अशोक सैनी सहित बड़ी संख्या में भाजपा नेता मौजूद रहे। मुख्यमंत्री ने राखीगढ़ी संग्रहालय का अवलोकन कर यहां की ऐतिहासिक विरासत और प्राचीन सभ्यता से जुड़ी जानकारियां हासिल कीं। इसके बाद उन्होंने महोत्सव स्थल पर लगाई गई विभिन्न प्रदर्शनी स्टॉलों का निरीक्षण किया। संग्रहालय में देखी प्राचीन सभ्यता की विरासत मुख्यमंत्री ने राखीगढ़ी संग्रहालय का अवलोकन कर इस ऐतिहासिक स्थल की पुरातात्विक महत्ता को करीब से देखा। राखीगढ़ी हड़प्पा सभ्यता के प्रमुख स्थलों में शामिल है और इसकी ऐतिहासिक पहचान देश-विदेश के शोधकर्ताओं तथा पर्यटकों के लिए आकर्षण का केंद्र रही है। महोत्सव के माध्यम से इस प्राचीन विरासत को व्यापक स्तर पर प्रदर्शित करने का प्रयास किया जा रहा है। प्रदर्शनी स्टॉलों के अवलोकन के दौरान मुख्यमंत्री ने महोत्सव में प्रस्तुत विभिन्न गतिविधियों को भी देखा। कुश्ती दंगल में पहलवानों से की मुलाकात महोत्सव में आयोजित कुश्ती दंगल ने भी लोगों का ध्यान आकर्षित किया। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने दंगल में पहुंचकर पहलवानों से मुलाकात की और उनका उत्साह बढ़ाया। इस दौरान उन्होंने विक्की हुड्डा, मिर्चपुर और राहुल दादरी के बीच होने वाले कुश्ती मुकाबले की शुरुआत करवाई। मुख्यमंत्री की मौजूदगी से दंगल में पहुंचे खेल प्रेमियों और ग्रामीणों में उत्साह नजर आया। कुश्ती जैसे पारंपरिक खेल हरियाणा की खेल संस्कृति और ग्रामीण परंपराओं का महत्वपूर्ण हिस्सा हैं। इतिहास, संस्कृति और खेल का संगम बना महोत्सव अंतरराष्ट्रीय राखीगढ़ी महोत्सव प्राचीन हड़प्पाकालीन सभ्यता, पुरातात्विक धरोहर और हरियाणा की समृद्ध सांस्कृतिक परंपराओं को एक मंच पर प्रस्तुत कर रहा है। संग्रहालय के अवलोकन, प्रदर्शनी स्टॉलों और कुश्ती दंगल जैसी गतिविधियों के जरिए आगंतुकों को राखीगढ़ी के ऐतिहासिक महत्व के साथ क्षेत्र की सांस्कृतिक पहचान देखने का अवसर मिल रहा है। मुख्यमंत्री के दौरे से महोत्सव को विशेष महत्व मिला है।
धर्मशाला में रविवार को निजी होटलों में 40 फीसदी और एचपीटीडीसी के होटलों में 60 फीसदी ऑक्यूपेंसी दर्ज की गई। दीपावली और दुर्गा पूजा की छुट्टियों के दौरान बुकिंग बढ़ने की उम्मीद है।
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने सोमवार को उज्जैन में सिंहस्थ कुंभ की तैयारियों और चल रहे कार्यों की समीक्षा की। वे सुबह करीब 11:30 बजे सिंहस्थ मेला कार्यालय में बैठक लेने पहुचे। समीक्षा बैठक में प्रभारी मंत्री गौतम टेटवाल, सिंहस्थ मेला प्राधिकरण अध्यक्ष जगदीश अग्रवाल, नगर निगम अध्यक्ष कलावती यादव, कमिश्नर आशीष सिंह, एडीजी राकेश गुप्ता, डीआइजी नवनीत भसीन, कलेक्टर रोशन सिंह सहित आला अधिकारी मौजूद रहे। सीएम ने सिंहस्था के चल रहे कार्यो का प्रजेंटेशन देखा, इस दौरान उन्होंने सभी कार्यों को तय समय पर और गुन्वात्तापूर्ण पूरा करने के निर्देश दिए। सीएम ने बैठक के बाद प्रदेशवासियों को दशहरा पर्व पर की शुभकामना देते हुए कहा कि आज सिंहस्थ कार्यो की समीक्षा की है। करीब 30 करोड़ लोगो के लिए उज्जैन स्थाई कार्य किये जा रहे है , ताकि मेले के बाद भी शहर वासियो को सुविधा मिलती रहे। महाकाल लोक के बाद बीते तीन वर्षो में ही उज्जैन में धर्मिक पर्यटन 16 गुना बढ गया है। सीएम ने कहा कि उज्जैन में बनने वाले एयरपोर्ट सहित अन्य कार्यी की समीक्षा की गई है और अब कार्यो की हर महीने समीक्षा की जाएगी। पहले भी दो बार कर चुके बैठक मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव इससे पहले भी उज्जैन में सिंहस्थ कुंभ को लेकर दो बार बैठक कर चुके हैं। सोमवार को होने वाली बैठक में सीएस, एसीएस और उज्जैन के वरिष्ठ अधिकारी शामिल हुए। बड़नगर में कार्यक्रमों में हुए शामिल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव रविवार को उज्जैन आए थे। इस दौरान वे बड़नगर में भूमि पूजन और लोकार्पण कार्यक्रम में शामिल हुए। शाम को उज्जैन पहुंचने के बाद उन्होंने महाअष्टमी पर्व पर मां नगरकोट महारानी माता मंदिर में दर्शन किए। मुख्यमंत्री ने माता का पूजन-अर्चन कर आरती की। इसके बाद वे शहर के विभिन्न गरबा पंडालों में भी गए।
फिरोजाबाद में मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना के तहत रविवार को सिरसागंज में सामूहिक विवाह समारोह आयोजित किया गया। इसमें 111 जोड़े वैवाहिक बंधन में बंधे। इनमें 93 जोड़ों का विवाह हिंदू रीति-रिवाज से हुआ, जबकि 18 जोड़ों का निकाह मुस्लिम परंपरा के अनुसार कराया गया। रविवार दोपहर 2 बजे पहुंचे पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री जयवीर सिंह ने नवदंपतियों को आशीर्वाद दिया और उनके सुखद दांपत्य जीवन की कामना की। गरीब परिवारों की बेटियों की शादी में मदद कर रही सरकार मंत्री जयवीर सिंह ने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में प्रदेश सरकार गरीब परिवारों की बेटियों के विवाह में सहयोग कर रही है। सामूहिक विवाह योजना से जरूरतमंद परिवारों को आर्थिक मदद मिल रही है। इससे बेटियों को नए जीवन की शुरुआत करने का अवसर मिल रहा है। उन्होंने कहा कि कन्यादान भारतीय संस्कृति की महत्वपूर्ण परंपरा है। सरकार अभिभावक की भूमिका निभाते हुए गरीब परिवारों की बेटियों के विवाह में सहायता कर रही है। प्रति जोड़े एक लाख रुपये की सहायता का प्रावधान मंत्री ने बताया कि योजना के तहत प्रति जोड़े के विवाह पर एक लाख रुपये की सहायता का प्रावधान है। इसमें विवाह सामग्री और उपहार, आयोजन की व्यवस्था तथा वधू के बैंक खाते में दी जाने वाली धनराशि शामिल है। यह सहायता नवदंपतियों को गृहस्थ जीवन शुरू करने में मदद करती है। अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों ने दी शुभकामनाएं कार्यक्रम में मुख्य विकास अधिकारी शत्रोहन वैश्य और भाजपा जिलाध्यक्ष उदय प्रताप सिंह ने भी नवदंपतियों को शुभकामनाएं दीं। समारोह में जिला पंचायत अध्यक्ष, स्थानीय जनप्रतिनिधि, जिला प्रशासन के अधिकारी और समाज कल्याण अधिकारी राजमती मौजूद रहीं। परियोजना निदेशक सुभाष चंद्र त्रिपाठी और जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी अनिल कुमार समेत अन्य अधिकारियों ने भी नवविवाहित जोड़ों के सुखी और समृद्ध जीवन की कामना की।
विंध्याचल में धार्मिक पर्यटन का तेजी से विस्तार हो रहा है, जहां 'विंध्य त्रिकोण' के मंदिरों में श्रद्धालुओं की संख्या में 60% की वृद्धि दर्ज की गई है। योगी सरकार शक्तिपीठ सर्किट विकसित कर इस क्षेत्र को प्रमुख धार्मिक पर्यटन स्थल बना रही है, जिससे स्थानीय अर्थव्यवस्था को भी बढ़ावा मिल रहा है।
पानीपत के सेक्टर 13-17 स्थित हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी में लिव-इन पार्टनर के साथ रह रहे टूर एंड ट्रैवल संचालक की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। परिजनों ने उसके साथ लिव-इन में रह रही गर्लफ्रेंड पर जहरीला पदार्थ देने का आरोप लगाया है। बताया जा रहा है कि ट्रैवल कंपनी संचालक को रात के समय गंभीर हालत में अस्पताल ले जाया गया था, जहां उपचार के दौरान उसकी मौत हो गई। शव निजी अस्पताल के शवगृह में रखा है। पत्नी से 8 साल पहले तलाक लेने के बाद वो गर्लफ्रेंड के साथ लिव-इन में रह रहा था। उसकी एक बेटी भी है। पिता के मुताबिक, उन्हें सुबह पड़ोसी ने फोन कर बेटे की मौत की सूचना दी। उधर, पुलिस ने पिता की शिकायत के बाद केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। रात को अस्पताल लेकर पहुंची गर्लफ्रेंड और अन्य लोग परिजनों के मुताबिक, लोकेश (33) की मौत शनिवार रात हुई। उसे गंभीर हालत में पानीपत के निजी अस्पताल ले जाया गया था। पिता राज को सुबह पड़ोसी से सूचना मिली कि उनके बेटे की जहर से मौत हो गई है। इसके बाद वह अस्पताल पहुंचे। पिता का कहना है कि वहां पता चला कि बेटे के साथ रह रही महिला और कुछ अन्य लोग लोकेश को अस्पताल लेकर आए थे। पिता ने गर्लफ्रेंड पर लगाया जहर देने का आरोप राज ने बेटे की मौत के लिए उसके साथ रह रही गर्लफ्रेंड को जिम्मेदार ठहराया है। उन्होंने इस संबंध में पुलिस को शिकायत दी है और कार्रवाई की मांग की है। हालांकि, गर्लफ्रेंड पर लगाए गए आरोपों की अभी पुष्टि नहीं हुई है। मौत की असल वजह पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट और पुलिस जांच के बाद ही स्पष्ट होगी। 8 साल पहले पत्नी से तलाक हुआ था परिजनों के अनुसार, लोकेश मूल रूप से नूरवाला का रहने वाला था और टूर एंड ट्रैवल का काम करता था। उसकी शादी करीब 12 साल पहले हुई थी। उसकी 10 साल की बेटी है, जो नूरवाला में अपने दादा-दादी के साथ रहती है। परिजनों के मुताबिक, करीब 8 साल पहले पत्नी से तलाक होने के बाद लोकेश अलग रहने लगा था। वह पिछले कई साल से सेक्टर 13-17 की हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी में महिला के साथ रह रहा था। शवगृह पहुंचे DSP-SHO, जांच जारी मामले की जानकारी मिलने के बाद DSP मुकेश जाखड़ और सेक्टर 13-17 थाना प्रभारी दीपक शवगृह पहुंचे। वहां परिजनों और पुलिस के बीच बातचीत हुई। परिजन शव के पोस्टमॉर्टम का इंतजार कर रहे हैं। अब पोस्टमॉर्टम और पुलिस जांच के बाद मौत का कारण साफ हो पाएगा।
इटली में रोमांटिक वेकेशन पर जहीर खान और सागरिका
एक्ट्रेस सागरिका घाटगे और पूर्व क्रिकेटर जहीर खान ने इटली वेकेशन की तस्वीरें इंटरनेट पर शेयर की हैं. दोनों ने वहां के खूबसूरत नजारे भी दिखाए हैं. कपल ने इटली के टस्कन में सुकून के पल बिताए.
Backpackers और Solo Travelers के लिए Dharamshala के करीब Naddi Village बना नया ठिकाना
बारिश और ठंड के बीच का मौसम बेहद सुहावना होता है। ज्यादातर लोग इस मौसम में काम से छुट्टी लेकर फैमिली या फिर दोस्तों के साथ घूमने के लिए जाते हैं। इस मौसम में हिमाचल प्रदेश की हसीन वादियों में बसा धर्मशाला एक्सप्लोर करने लायक होता है। हालांकि अधिकतर लोग छु्ट्टियों में धर्मशाला या मैक्लोडगंज जाने का प्लान करते हैं। लेकिन इन जगहों पर पर्यटकों की भारी भीड़ देखने को मिलती है। ऐसे में आज इस आर्टिकल के जरिए हम आपको एक ऐसी खूबसूरत जगह के बारे में बताने जा रहे हैं, जोकि धर्मशाला से करीब 15 किमी की दूरी पर है। बैकपैकर्स, ब्लॉगर्स और सोलो ट्रैवलर्स के लिए यह ऑफबीट डेस्टिनेशन जन्नत साबित हो सकती है। इसे भी पढ़ें: Travel Tips: कम बजट में 2 दिन का सुकून देंगे Delhi NCR के पास स्थित Morni Hills और Sariska नड्डी गांव अक्सर लोग छुट्टियों पर भीड़भाड़ वाली जगह पर जाने से कतराते हैं। ऐसे में अगर आपका भी धर्मशाला या मैक्लोडगंज जाने का प्लान भारी भीड़, ट्रैफिक जाम और महंगे होटलों की वजह से कैंसिल हो रहा है। तो आपको धर्मशाला से कुछ ही दूरी पर मौजूद एक बेहद खूबसूरत जगह पर जाना चाहिए। धर्मशाला और मैक्लोडगंज में हमेशा आपको पर्यटकों की भारी भीड़ देखने को मिलेगी। इस वजह से यहां के होटल भी काफी महंगे होते हैं। लेकिन आप धर्मशाला से कुछ किमी दूर स्थित नड्डी गांव जा सकती हैं। यह गांव कल-कल बहती पहाड़ी नदियों, खूबसूरत झरनों के दृश्यों और देवदार के लंबे पेड़ों के लिए जाना जात है। आप यहां पर सिर्फ 300 से 500 रुपए में होमस्टे या बेड बुक कर सकती हैं। यहां पर आप पहाड़ों की विशाल चोटियों के खूबसूरत नजारों को निहार सकती हैं। ट्रैकिंग और लोकल फूड नड्डी गांव में कई बेहद खूबसूरत ट्रैकिंग और हाइकिंग रूट्स बने हुए हैं। जोकि खासकर ट्रैकिंग पसंद करने वाले लोगों के लिए बेस्ट हैं। वहीं इन रास्तों पर आपको छिपे हुए पहाड़ी नाले, झरने और हरे-भरे जंगल देखने को मिलेंगे। आप यहां पर पारंपरिक खाने का स्वाद ले सकती हैं। यहां पर आपको मोमोज और सिड्डू जैसी कई स्वादिष्ट पहाड़ी डिशेज खाने को मिल जाएंगी। ऐसे जाएं नड्डी गांव बता दें कि यहां का नजदीकी एयरपोर्ट कांगड़ा एयरपोर्ट है, जोकि धर्मशाला से करीब 13 किमी दूर है। वहीं सबसे नजदीक पठानकोट रेलवे स्टेशन है। आप दिल्ली या चंडीगढ़ से सीधे स्लीपर बस से धर्मशाला पहुंच सकती हैं। फिर आप कैब या शेयरिंग ऑटो बुक करके इस खूबसूरत गांव पहुंच सकती हैं।
Travel Tips: कम बजट में 2 दिन का सुकून देंगे Delhi NCR के पास स्थित Morni Hills और Sariska
वीकेंड आते ही दिल्ली की भागदौड़ से दूर किसी शांत और सुकून वाली जगह पर जाने का मन करता है। लेकिन इसमें बजट और समय दोनों ही बाधा बनते हैं। अगर आपके पास सिर्फ दो दिन का समय है और करीब 5000 रुपए का ही बजट है, तो आप दिल्ली-एनसीआर से कई बेहद खूबसूरत और शांत जगहों पर जाने का प्लान कर सकती हैं। वहीं इन ट्रिप के लिए लंबी छुट्टी और ज्यादा खर्च की भी जरूरत नहीं होगी। दिल्ली के आसपास कई ऐसी जगहें हैं, जहां पर आपको एक ही ट्रिप में झील, जंगल, पहाड़ और हरियाली देखने को मिल सकती है। ऋषिकेश गंगा, पहाड़ और एडवेंचर का अनुभव एक साथ लेने के लिए ऋषिकेश एक बेहतरीन जगह है। अगर आपकी लिस्ट में पहाड़ों के अलावा रोमांच और नदी भी शामिल है, तो आपके लिए ऋषिकेश परफेक्ट जगह है। दिल्ली से बस के जरिए यहां पहुंचना आसान है। इसे भी पढ़ें: Navratri पर Kanpur के Ghatampur स्थित मां कूष्मांडा मंदिर के दर्शन करने की Travel Guide मोरनी हिल्स मोरनी हिल्स पर आपको पहाड़ और झील दोनों का अनुभव मिल सकता है। दिल्ली से वीकेंड ट्रिप के लिए यह एक परफेक्ट ऑप्शन है। पंचकूला जिले में स्थित हरियाणा का यह प्रमुख हिल स्टेशन है। यहां आप पहाड़ियों के अलावा टिक्कर ताल की खूबसूरती को निहार सकेंगे। झील के आसपास का पहाड़ी वातावरण और हरियाली आपको सुकून देने का काम करती है। दो दिन की ट्रिप में यहां घूमना और आसपास के इलाकों को देखना संभव है। बजट कम रखना हो, तो आपको परिवहन और होमस्टे का ऑप्शन चुना जा सकता है। लैंसडाउन जंगल और शांत पहाड़ के बीच सुकून की छुट्टियां बिताने के लिए लैंसडाउन बेहद खूबसूरत जगह हैं। उत्तराखंड के लैंसडाउन उन लोगों के लिए खास आकर्षण है, जो कि भीड़भाड़ से दूर शांत पहाड़ी माहौल में समय बिताना चाहते हैं। देवदार के पेड़, आसपास के जंगल और पहाड़ी रास्ते इस जगह को खास बनाते हैं। यहां पर आप वीकेंड में जा सकते हैं। वहीं बजट में यात्रा के लिए होमस्टे और यात्रा पर खर्च को कंट्रोल करने में मदद मिल सकती है। नैनीताल अगर आप भी थोड़ा लंबा सफर करने के लिए तैयार हैं, तो आपको नैनीताल में झील और पहाड़ दोनों मिल जाएंगे। आप नैनी झील के आसपास घूम सकते हैं, पहाड़ी नजारे देख सकते हैं और माल रोड पर वॉक करते हुए अपने समय को खास बना सकते हैं। हालांकि पीक सीजन में यहां के होटल और परिवहन आदि महंगे हो सकते हैं। इसलिए 5 हजार के बजट में आने-जाने के लिए ऑफ-पीक डेट, बस यात्रा और बजट स्टे चुनना ज्यादा सही रहेगा। सरिस्का दिल्ली के आसपास जंगल सफारी के साथ-साथ वीकेंड ट्रिप का मजा लेने के लिए आप सरिस्का जा सकते हैं। अगर आपको भी पहाड़ों से ज्यादा जंगल पसंद हैं, तो राजस्थान के सरिस्का जाना चाहिए। सरिस्का टाइगर रिजर्व में आप जंगल सफारी का मजा ले सकते हैं। आप आसपास के ऐतिहासिक स्थलों और अरावली के प्राकृतिक वातावरण को भी देख सकेंगे। हालांकि जंगल सफारी की फीस और उपलब्धता अलग हो सकती है, इसलिए पहले ऑफिशियल जानकारी देखना सही होगा।
Navratri पर Kanpur के Ghatampur स्थित मां कूष्मांडा मंदिर के दर्शन करने की Travel Guide
शारदीय नवरात्रि में हर जगह भक्तिमय माहौल देखने को मिल रहा है। भक्तजन देवी दुर्गा की पूजा-अर्चना कर रहे हैं और व्रत भी रख रहे हैं। शारदीय नवरात्र में हर दिन मां दुर्गा के अलग-अलग स्वरुपों की पूजा की जाती है। कल यानी 14 अक्तूबर को नवरात्रि का चौथा दिन है और इस दिन मां कूष्मांडा की पूजा की जाती है। धार्मिक मान्यता के अनुसार, मां कूष्मांडा ने अपनी मुस्कान से पूरे ब्रह्मांड की रचना की थी। यदि आप इस दिन मां के दर्शन करने के लिए किसी खास मंदिर जाने का प्लान कर रही हैं, तो यह लेख आपके लिए है। असल में उत्तर प्रदेश के कानपुर जिले के घाटमपुर में मां कूष्मांडा देवी का चमत्कारी मंदिर है। खासकर इस मंदिर में जमीन पर लेटी हुई दिखने वाली मां की पिंडी है, जिससे पूरे साल पानी रिसता रहता है। आइए आपको यहां पर जाने के लिए पूरी ट्रैवल गाइड बताते हैं। कानपुर में मां कूष्मांडा का मंदिर कहां है? अगर आप इस मंदिर के दर्शन करना चाहते हैं, तो आप कानपुर के घाटमपुर तहसील में मां कूष्मांडा का मंदिर है। यह मंदिर अनोखी पिंडी के लिए जाना जाता है। इस मंदिर में मां की पिंडी जमीन पर लेटी हुई और इसका आकार भी आम मूर्तियों से काफी अलग है। पिंडी के दो मुख होने के कारण इसका आखिरी सिरा अभी तक किसी को समझ नहीं आया है। कानपुर के कूष्मांडा मंदिर जाने का सही समय क्या है? मंदिर सुबह 6 बजे से लेकर रात 9 बजे तक दर्शन के लिए खुला रहता है। हालांकि, त्योहारों या सर्दियों के मौसम में समय में बदलाव भी होता है। नवरात्रि के दिन जाने से पहले मंदिर का समय एक बार जरुर पता करें। मंदिर के आसपास कहां रुक सकती हैं? यदि आप किसी दूसरे शहर से मां के दर्शन करने जा रहे हैं, तो आप एक दिन से ज्यादा रुकना चाहते है, तो आप घाटमपुर में होटल या गेस्ट हाउस आपको मिल जाएंगे। वहीं, आपको कानपुर के बर्रा इलाके में भी स्टे देखने को मिलेगा। बस रुम बुक करने से पहले मंदिर से उसकी दूरी, आने-जाने की सुविध और किराया जरुर पता कर लें। कानपुर के मां कूष्मांडा मंदिर कैसे पहुंचें? ट्रेन से: कानपुर सेंट्रल रेलवे स्टेशन से आपको घाटमपुर जाने के लिए टैक्सी, ऑटो या बस का ऑप्शन मिल जाएगा। सड़क: असल में कानपुर शहर सड़क के रास्ते उत्तर प्रदेश के कई शहरों से कनेक्टेड है। जब आप कानपुर पहुंचे जाए, तो यहां से घाटमपुर जाने के लिए बस, टैक्सी आपको मिल जाएगी। हवाई जहाज से: कानपुर एयरपोर्ट पहुंचने के बाद टैक्सी या कैब से घाटमपुर पहुंच सकते हैं। मां कूष्मांडा मंदिर के दर्शन के लिए कितने समय का प्लान बनाएं? आप यहां पर दो दिन का प्लान बना सकती हैं। पहले दिन पहुंचकर फ्रेश होकर मंदिर के दर्शन करें। जिसके बाद कुछ नाश्ता या खाना खाकर दूसरी जगहों को एक्सप्लोर करें। आप कानपुर के और भी खूबसूरत मंदिरों के दर्शन कर सकते हैं- -बिठूर -गंगा बैराज -कानपुर जू -मोती झील -जेके मंदिर -इस्कॉन मंदिर -जैन ग्लास मंदिर -कानपुर मेमोरियल चर्च
बॉलीवुड के सबसे चहेते और पावर कपल्स में शुमार कियारा आडवाणी और सिद्धार्थ मल्होत्रा इन दिनों अपनी जिंदगी के बेहद खूबसूरत फेज का आनंद ले रहे हैं। पहली बार माता-पिता बनने के लगभग एक साल बाद यह कपल अब अपने दूसरे बच्चे का स्वागत करने के लिए पूरी तरह ...
घूमने से ज्यादा होटल में ठहरना पसंद कर रही Gen Z, जानिए क्या है ट्रैवल का नया ट्रेंड
छुट्टियां बिताने के लिए आप किसी जगह पर जाएं और घूमने फिरने की जगह सिर्फ होटल के रूम में समय बिताएं ये सुनना अजीब लग सकता है लेकिन आजकल के Gen Z ऐसा करना ही पसंद कर रहे हैं। ऐस में जानिए क्या है ट्रैवल का नया ट्रेंड ‘रूम रॉटिंग’।
Budget Travel Tips: केवल ₹5,000 में घूमें उत्तराखंड के ये 3 गांव, दिल्ली-NCR वालों के लिए बेस्ट लॉन्ग वीकेंड प्लान
Punjab Tourism: Dangal से Jab We Met तक Punjab के इन मशहूर Shooting Locations की करें सैर
पंजाब सिर्फ अपने स्वादिष्ट खाने, मेहमानवाजी और संस्कृति के लिए ही नहीं जाना जाता है। बल्कि यहां पर कई ऐसी खूबसूरत और ऐतिहासिक जगहें भी हैं, जोकि बॉलीवुड फिल्मों में नजर आ चुकी हैं। कभी बॉलीवुड के सितारे इन खेतों में रोमांस करते दिखे, तो कभी पुरानी हवेलियों और किलों मे फिल्मों की कहानी को और भी ज्यादा खूबसूरत बनाया। यही कारण है कि फिल्मी लोकेशन पसंद करने वाले लोगों के लिए पंजाब की कुछ जगहें किसी ड्रीम डेस्टिनेशन से कम नहीं हैं। ऐसे में अगर आप भी पंजाब घूमने का प्लान कर रही हैं, तो हम आपको पंजाब की कुछ बेहद खूबसूरत जगहों के बारे में बताने जा रहे हैं। पटियाला पंजाब का पटियाला शहर अपने ऐतिहासिक महलों, इमारतों और खूबसूरत गलियों के लिए जाना जाता है। फिल्म 'जब वी मेट' और 'बॉडीगार्ड' में शहर की शाही वास्तुकला देखने को मिलती है। ऐसे में आप भी अपने पार्टनर के साथ पटियाला घूमने के लिए जा सकती हैं। इसे भी पढ़ें: October में Kolkata Trip का बनाएं प्लान, Durga Puja के साथ घूमें ये प्रमुख जगहें अमृतसर अमृतसर, पंजाब के सबसे फेमस जगहों में से एक है। यहां पर स्वर्ण मंदिर यानी की गोल्डन टेंपल से लेकर पुरानी गलियों तक हर एक कोना अलग है। तापसी पन्नू की फिल्म 'मनमर्जियां' में पंजाब के अमृतसर का खूबसूरत नजारा दिखाया गया है। ऐसे में आप भी यहां जाने का प्लान बना सकती हैं। लुधियाना पंजाब की असली खूबसूरती देखने के लिए आपको लुधियाना और इसके आसपास के इलाकों को एक्सप्लोर करना चाहिए। सरसों के रंग, खेत और पंजाबी माहौल फिल्मों में खूब दिखाए जाते हैं। आपको यहां पर फिल्म 'रब ने बना दी जोड़ी' वाला रोमांटिक माहौल मिलेगा। गुज्जरवाल और नारंगवाल गांव बॉलीवुड की फिल्म दंगल की पंजाब और हरियाणा की कई जगहों पर शूटिंग हुई है। फिल्म में दिखाए जाने वाले कई सीन पंजाब के गांव गुज्जरवाल और नारंगवाल के हैं। ऐसे में अगर आप भी इस गांव के सुंदर नजारे देखना चाहती हैं, तो आप यह गांव घूमने के लिए जा सकती हैं। मोहाली पंजाब की यह जगह तब अधिक लोकप्रिय हुई थी, जब बॉलीवुड अभिनेता शाहिद कपूर की फिल्म की शूटिंग यहां हुई थी। इसके अलावा एक्ट्रेस तमन्ना भाटिया की फिल्म की भी यहां पर शूटिंग हो चुकी है। ऐसे में आप भी इस जगह को एक्सप्लोर कर सकते हैं।
World Tourism Day: बजट में घूमने के लिए भारत की ये खूबसूरत जगहें हैं बेस्ट, दिल्ली से हैं नज़दीक
अगर आपको घूमना पसंद है तो आप दिल्ल से नज़दीक इन खूबसूरत जगहों पर घूमने जा सकते हैं। अच्छी बात यह है कि इन जगहों पर आप बजट में ही यात्रा कर सकते हैं।
पेरेंट्स के साथ घूमने का है मन? यहां देखिए ट्रैवल फ्रेंडली 5 ऑफबीट जगह
परिवार के साथ घूमने की बात आती हैं तो अक्सर जगह को लेकर कंफ्यूजन होता रहता है कि पेरेंट्स को लेकर कहां जाएं। ऐसे में यहां हम 5 ट्रैवल फ्रेंडली ऑफबीट जगहों के बारे में बता रहे हैं। जानिए-
विश्व पर्यटन दिवस: पहाड़, समुद्र या जंगल? अपने मूड के हिसाब से चुनें भारत की ये शानदार डेस्टिनेशन
World Tourism Day 2026: विश्व पर्यटन दिवस पर हम आपको बताएंगे भारत की खूबसूरत और ऐतिहासिक जगहों के बारे में, जहां आपको कम से कम एक बार घूमने अवश्य जाना चाहिए।
विश्व पर्यटन दिवस के अवसर पर रविवार को दिल्ली के प्रमुख ऐतिहासिक स्मारकों में पर्यटकों को निशुल्क प्रवेश मिलेगा।
आज के समय में राजस्थान के पर्यटन नक्शे की तस्वीर तेजी से बदल रही है। आप यह जानकार हैरान हो जाएंगे कि जनवरी से लेकर जून 2026 के बीच प्रदेश में 10.92 करोड़ पर्यटक यात्राएं दर्ज की गई हैं। इनमें 10.83 करोड़ घरेलू और 8.44 लाख विदेशी पर्यटक शामिल हैं। आंकड़े बताते हैं कि राजस्थान के पर्यटन कारोबार की सबसे बड़ी ताकत घरेलू पर्यटक हैं, लेकिन उनकी पसंद पारंपरिक पर्यटन केंद्रों से आगे बढ़ रही है। घरेलू पर्यटन में सीकर ने जयपुर को पीछे छोड़ा सबसे दिलचस्प बात यह है कि सीकर का शीर्ष पर पहुंचना राजस्थान के पर्यटन में बदलती पसंद का संकेत है। जिले में धार्मिक पर्यटन खासतौर पर खाटूश्यामजी आने वाले श्रद्धालुओं की बड़ी संख्या ने फुटबॉल बढ़ाया है। साल 2026 की पहली छमाही में सीकर की घरेलू पर्यटक यात्राएं 1,56,18,987 रहीं। घरेलू पर्यटकों में चित्तौड़गढ़ की ऐतिाहासिक विरासत, जैसलमेर का रेगिस्तानी पर्यटन और सवाई माधोपुर का वन्यजीव पर्यटन भी बड़ी संख्या में सैलानियों को आकर्षित कर रहा है। आंकड़ों से साफ पता चलता है कि पर्यटन अब सिर्फ जयपुर, उदयपुर और जोधपुर जैसे पारंपरिक केंद्रों तक सीमित नहीं रह गया है। विदेशी पर्यटकों की पहली पसंद जयपुर आपको बताते चलें कि विदेशी पर्यटकों के मामले में तस्वीर काफी अलग है। जयपुर 2,56,293 विदेशी पर्यटकों यात्राओं के साथ सबसे अलग है। फिर उदयपुर में 1,84,045, जोधपुर में 82,846 और जैसलमेर में 66,433 विदेशी पर्यटकों ने यात्राएं की हैं। इतना ही नहीं, सवाई माधोपुर, अजमेर, दौसा, पाली, झुंझुनूं और बीकानेर भी विदेशी पर्यटकों की पसंद रही है। घरेलू सैलानी जहां धार्मिक, ऐतिहासिक, वन्यजीव और क्षेत्रीय पर्यटन स्थलों की तरफ बढ़ रहे हैं, वहीं विदेशी पर्यटकों का बड़ा हिस्सा अभी भी राजस्थान के मुख्य हेरिटेज शहरों से संबंधित है।
अक्तूबर ट्रैवल प्लेसेज: कपल साथ घूमने का बना रहे प्लान? अक्तूबर में इन 7 जगहों को न करें मिस
October Travel Places: किसी जगह को चुनते समय मौसम, यात्रा की सुविधा, बजट और वहां की गतिविधियों को ध्यान में रखना जरूरी है। कपल्स के लिए शांत पहाड़ी शहरों से लेकर समुद्र किनारे के डेस्टिनेशन और ऐतिहासिक शहरों तक कई विकल्प मौजूद हैं।
विश्व पर्यटन दिवस 2026: अकेले घूमने का है सपना? पहली ट्रिप के लिए ये 5 जगहें रहेंगी यादगार
Solo Travel in India: अगर आपको पहाड़ पसंद हैं तो ऋषिकेश, मनाली और मैक्लोडगंज जैसे डेस्टिनेशन आकर्षित कर सकते हैं। वहीं समुद्र और आराम पसंद करने वाले यात्रियों के लिए गोवा एक लोकप्रिय विकल्प है।
चाहत खन्ना की मालदीव वेकेशन की तस्वीरें इंटरनेट पर छाईं
टीवी एक्ट्रेस चाहत खन्ना की मालदीव वेकेशन की तस्वीरें सोशल मीडिया पर चर्चा में हैं। उन्होंने बीच और पूल से अपनी छुट्टियों की कई तस्वीरें साझा कीं, जिनमें वह वेकेशन एन्जॉय करती नजर आईं।
कैमूर: प्रमुख पर्यटन स्थल करमचट डैम में दिखा मगरमच्छ, मोटरबोट की सुविधा वाले जलाशय में बढ़ा खतरा
3 सितंबर, गुरुवार: कैमूर के करमचट डैम में मगरमच्छ तैरता दिखाई दिया। डैम में मोटरबोट की सुविधा होने से पर्यटकों की सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ गई है।
प्रेग्नेंट दीपिका और बेटी दुआ को लेकर वेकेशन पर निकले रणवीर सिंह! बेबी बंप फोटोज देख चहक उठे फैंस
Ranveer Singh Deepika Padukone Photos Fact Check:
Gaurav Khanna माता-पिता के साथ मसूरी वेकेशन पर निकले, बारिश में फंसे तो ऐसे किया एन्जॉय
एक्टर गौरव खन्ना सोशल मीडिया पर काफी एक्टिव हैं। एक्टर लगातार अपने फैंस के साथ अपनी जिंदगी से जुड़े अपडेट शेयर कर रहे हैं। हाल ही में गौरव ने एक नया वीडियो शेयर कर बताया कि वह अपने माता-पिता के साथ मसूरी वेकेशन पर गए हैं। गौरव ने वीडियो में उस कार की झलक भी दिखाई, जिसमें वह अपनी मां और पिता के साथ सफर कर रहे हैं। पहाड़ों की ओर जाते हुए गौरव काफी खुश नजर आए। वीडियो में उन्होंने कहा, बादलों के बीच में जाते हुए। इस वीडियो के साथ उन्होंने मसूरी का नाम भी लिखा। बारिश में फंसे गौरव खन्ना मसूरी पहुंचने के बाद गौरव ने एक और वीडियो शेयर किया, जिसमें वह बारिश का मजा लेते नजर आए। उन्होंने बताया कि वहां बारिश काफी तेज हो रही थी। गौरव ने कहा कि उन्होंने छतरी भी ली थी, लेकिन तेज बारिश की वजह से उनके हाल खराब हो गए। इसके बाद गौरव एक रेस्टोरेंट में चाय पीते नजर आए। उन्होंने कहा कि ट्रिप पर इतनी बारिश में आएंगे तो ऐसा होना ही है, लेकिन यही तो ट्रिप का मजा है। वीडियो के आखिर में गौरव ने मजाकिया अंदाज में कहा, मजा भी है। इसे भी पढ़ें: Tumbbad 2 की रेकी के दौरान हुआ बड़ा खुलासा: उसी खौफनाक हवेली में टीम को मिला 8 साल पुराना रहस्यमयी खजाना! फैंस ने गौरव के वेकेशन को बताया जरूरी गौरव खन्ना के ये वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे हैं। फैंस को उनका अपने माता-पिता के साथ समय बिताना काफी पसंद आ रहा है। कई फैंस का मानना है कि गौरव को इस तरह के ब्रेक और वेकेशन की जरूरत थी। कुछ फैंस ने गौरव और उनकी पत्नी आकांक्षा चमोला के रिश्ते को लेकर भी कमेंट किए। फैंस का कहना है कि आकांक्षा से अलग रहने के बाद गौरव के लिए परिवार के साथ समय बिताना और घूमना अच्छा है। इसे भी पढ़ें: Pune में घर खरीदने के बाद अब शादी की जिम्मेदारियों पर क्या बोले Parth Samthaan गौरव खन्ना और आकांक्षा चमोला का अभी तक नहीं हुआ तलाक गौरव खन्ना और आकांक्षा चमोला की शादी और तलाक को लेकर लंबे समय से चर्चा होती रही है। लॉकअप 2 में गौरव, आकांक्षा को सपोर्ट करने पहुंचे थे। उस दौरान एक्टर ने बताया था कि दोनों अभी भी कानूनी तौर पर शादीशुदा हैं और उनका तलाक नहीं हुआ है। वहीं, लॉकअप 2 के बाद आकांक्षा चमोला ने भी बताया था कि अभी तक तलाक के पेपर साइन नहीं हुए हैं। फिलहाल दोनों अपने-अपने प्रोजेक्ट्स में बिजी हैं। इस बीच गौरव अपने माता-पिता के साथ मसूरी ट्रिप का आनंद लेते नजर आ रहे हैं।
राजधानी दिल्ली को सिर्फ ट्रांजिट सिटी के बजाय देश-दुनिया के पर्यटकों के लिए पूर्ण पर्यटन गंतव्य बनाने के लिए दिल्ली सरकार ने मंगलवार को चार नए आध्यात्मिक एवं विरासत पर्यटन सर्किट शुरू किए।
कड़कड़ाती सर्दी में बिकिनी पहन पूल में उतरीं रुबीना दिलैक, जापान वेकेशन की दिखाई झलक
टीवी की संस्कारी बहू रुबीना दिलैक रियल लाइफ में काफी ग्लैमरस हैं। वह अक्सर फैंस के साथ अपनी हॉट एंड सिजलिंग तस्वीरें शेयर करती रहती हैं। रुबीना वह छोटे पर्दे की हाई पेड एक्ट्रेसेस में शुमार है। हाल ही में रुबीना ने अपनी जापान ट्रिप की तस्वीरें फैंस ...
गोवा में वेकेशन एंजॉय कर रहीं कृष्णा श्रॉफ, शेयर की खूबसूरत तस्वीरें
कृष्णा श्रॉफ निश्चित रूप से जानती हैं कि लोगों का ध्यान कैसे आकर्षित करना है- चाहे वह उनकी MMA चॉप्स हों या उनकी वेकेशन की तस्वीरें। कृष्णा इस दिनों गोवा की धूप और बीच पर छुट्टियां मना रही हैं। इसी बीच कृष्णा श्रॉफ ने सोशल मीडिया पर अपनी ट्रॉपिकल ...
कैंसर के ट्रीटमेंट जंग के बीच वेकेशन मनाने मालदीव पहुंचीं हिना खान, शेयर की खूबसूरत तस्वीरें
टीवी एक्ट्रेस हिना खान भले ही कैंसर से जंग लड़ रही हैं, लेकिन वह अपनी लाइफ को खुलकर जी रही हैं। इस गंभीर बीमारी से जंग लड़ते हुए वह लाइफ का हर पल एंजॉय कर रही हैं। हिना खान इन दिनों मालदीव में वेकेशन एंजॉय कर रही हैं। मालदीव में वेकेशन मनाते हुए ...
Tejasswi Praksh-Karan Kundrra नहीं हुए अलग,रोमांटिक वेकेशन एन्जॉय कर रहा है कपल करीबी दोस्त ने खोला राज
सोशल मीडिया पर भारतीय क्रिकेट टीम के हरफनमौला खिलाड़ी हार्दिक पंड्या और उनकी पत्नी नतासा स्टेनकोविक के अलग होने की अफवाहें जोरों पर हैं। यह सब तब शुरू हुआ जब नतासा ने अपने इंस्टाग्राम हैंडल से 'पांड्या' उपनाम हटा दिया। प्रशंसकों ने यह भी देखा कि वह आईपीएल मैचों के दौरान स्टैंड्स से गायब थीं। हालांकि, तमाम अटकलों के बावजूद इस जोड़े ने इस मामले पर चुप्पी साध रखी है। दूसरी ओर, एक ताजा रिपोर्ट से पता चलता है कि हार्दिक विदेश में किसी अज्ञात स्थान पर छुट्टियां मना रहे हैं। विस्तार से जानने के लिए आगे पढ़ें। इसे भी पढ़ें: Shabana Azmi ने Shashi Kapoor के साथ इंटीमेट सीन करने से किया था इंकार, सुपरस्टार ने कह दिया था एक्ट्रेस को 'बेवकूफ लड़की' | Read All About नताशा स्टेनकोविक से अलगाव की अफवाहों के बीच हार्दिक पंड्या विदेश में छुट्टियां मना रहे हैं हार्दिक पंड्या की पत्नी नतासा स्टेनकोविक के साथ निजी जिंदगी हाल ही में चर्चा का विषय बनी हुई है। क्रिकबज द्वारा रविवार को प्रकाशित एक रिपोर्ट में दावा किया गया कि अलगाव की अफवाहों के बीच क्रिकेटर विदेश में छुट्टियां मना रहे हैं। अभी लोकेशन का नाम सामने नहीं आया है। इसे भी पढ़ें: Anant Ambani और Radhika Merchant Pre-Wedding Party! तारों भरी रात से लेकर टोगा पार्टी तक, जानें इस बार क्या-क्या होगा खास यह बताया गया है कि इंडियन प्रीमियर लीग से अपनी टीम के बाहर होने के बाद क्रिकेटर ने देश छोड़ दिया। कठिन अवधि के बाद तरोताजा होने के लिए, उन्होंने विदेश में एक सप्ताह की छुट्टी का विकल्प चुना। हार्दिक के शीघ्र ही न्यूयॉर्क में टी20 विश्व कप 2024 के अभ्यास सत्र के लिए भारतीय टीम में फिर से शामिल होने की उम्मीद है। विशेष रूप से, आईपीएल 2024 में मुंबई इंडियंस के लिए रोहित शर्मा की जगह हार्दिक के नेतृत्व की काफी आलोचना हुई। पूरे सीज़न में भारतीय क्रिकेटर को काफी आलोचनाओं का सामना करना पड़ा। इस बीच, वह पेशेवर असफलताओं से जूझ रहे थे। उनकी निजी जिंदगी सुर्खियों में आ गई। कुछ दिन पहले हार्दिक ने अपने सोशल मीडिया पर ढेर सारी तस्वीरें और वीडियो शेयर किए थे। वीडियो में उन्हें पूल में तैरते हुए अच्छा समय बिताते हुए दिखाया गया, जबकि फोटो में वह एक खूबसूरत बैकग्राउंड के साथ पोज दे रहे थे। इसे छोटा और सरल रखते हुए, उन्होंने पोस्ट को कैप्शन दिया था, रिचार्जिंग। पोस्ट के जवाब में, कई प्रशंसकों ने उनके टिप्पणी अनुभाग में बाढ़ ला दी, अपना अटूट समर्थन दिखाया और आगामी विश्व कप के लिए उनकी जय-जयकार की। एक यूजर ने लिखा, “हार्दिक पंड्या जल्द ही टी20 वर्ल्ड कप में वापस आ रहे हैं,” एक अन्य फैन ने लिखा, “हार्दिक टी20 में अपने पुराने मॉडल के साथ आएं और अपने नफरत करने वालों को चुप करा दें। जबकि एक तीसरे फैन ने लिखा, “मजबूत वापसी भाई।” इसके अतिरिक्त, एक प्रशंसक ने लिखा, अपना भाई शेर था और रहेगा तू टेंशन माउंट लेना रे। एक अन्य प्रशंसक ने कहा, कोई बात नहीं हम सब आपके साथ हार्दिक हमारे हीरो हैं। एक अन्य प्रशंसक ने कहा, हार्दिक भाई विश्व कप में वापसी करेगा। हार्दिका पंड्या की पत्नी नतासा ने अलगाव की अफवाहों पर प्रतिक्रिया दी दूसरी ओर, अलगाव की अफवाहों के बीच हार्दिक की पत्नी को शनिवार को पहली बार शहर में देखा गया। अपनी नवीनतम आउटिंग में, उन्हें एक कैफे से बाहर निकलते समय एक करीबी दोस्त के साथ देखा गया था। जाने से पहले एक्ट्रेस ने शटरबग्स के लिए पोज दिए। दरअसल, एक पिता ने उनसे तलाक के बारे में पूछा। हालांकि, इसके जवाब में एक्ट्रेस ने सवाल को नजरअंदाज करने का फैसला किया और सम्मानजनक चुप्पी बनाए रखी. जाने से पहले, उसने बस इतना कहा, बहुत-बहुत धन्यवाद और अपनी प्रतीक्षारत कार की ओर बढ़ गई। अपनी नवीनतम आउटिंग के दौरान, जब वह अपने दोस्त के साथ एक कैफे से बाहर निकली, तो उसे गुलाबी शर्ट के साथ सफेद टॉप और शॉर्ट्स पहने देखा गया। दो महीने पहले एक नौका पर बॉलीवुड अभिनेत्री को प्रस्ताव देने के बाद, हार्दिक और नतासा ने लगभग चार साल पहले 31 मई, 2020 को शादी कर ली थी। उनके पहले बच्चे, अगस्त्य का जन्म 30 जुलाई, 2020 को हुआ था। अपनी तीसरी शादी की सालगिरह मनाते हुए, हार्दिक और नतासा ने उदयपुर में एक भव्य समारोह के साथ अपनी प्रतिज्ञाओं को भी नवीनीकृत किया था। View this post on Instagram A post shared by Hardik Himanshu Pandya (@hardikpandya93) View this post on Instagram A post shared by Viral Bhayani (@viralbhayani)
शादी के तीन महीने बाद हनीमून पर निकलेRakul Preet Singh औरJackky Bhagnani, वेकेशन से वायरल हुई एक्ट्रेस की तस्वीरें
एक बार फिर सिनेमा घरो में दस्तक देने जा रही है क्रिस्टोफ़र नोलन की स्पेस एडवेंचर फिल्मInterstellar,10वीं सालगिरह पर होगी री-रिलीज़

