हरदोई के डॉ. राम मनोहर लोहिया महाविद्यालय, अल्लीपुर में 'भारतीय साहित्य में राम तत्व' विषय पर एक राष्ट्रीय संगोष्ठी का आयोजन किया गया। इस संगोष्ठी में देश के प्रतिष्ठित साहित्यकार, शिक्षाविद और समाज-चिंतक शामिल हुए, जिन्होंने राम के आदर्शों और साहित्य में उनकी सर्वव्यापकता पर गहन चर्चा की। कार्यक्रम का शुभारंभ 'श्री राम दरबार' की आरती और दीप प्रज्वलन के साथ हुआ। संगोष्ठी का एक प्रमुख आकर्षण छात्र-छात्राओं द्वारा प्रस्तुत की गई सजीव झांकी थी। बच्चों ने 'निषादराज मिलन', 'केवट प्रसंग' और 'भरत मिलाप' जैसे प्रसंगों के माध्यम से सामाजिक समरसता और मानवीय मूल्यों का चित्रण किया। मुख्य अतिथि, तुलसी साहित्य के विशेषज्ञ प्रो. सूर्य प्रकाश दीक्षित ने कहा कि राम केवल धार्मिक महापुरुष नहीं, बल्कि भारतीय साहित्य की चेतना और समन्वय के प्रतीक हैं। विशिष्ट अतिथि डॉ. देवी प्रसाद तिवारी (BHU) ने रामकथा को भारत की सांस्कृतिक एकता का सूत्र बताया। मुख्य वक्ता श्री ज्ञान पांडेय ने चरित्र निर्माण में राम तत्व की भूमिका पर प्रकाश डाला। अंतरराष्ट्रीय रामायण संस्थान के निदेशक और आयोजन के सूत्रधार श्री जैनेन्द्र कुमार (IAS) ने इस विमर्श को ग्रामीण अंचल तक पहुँचाने में भूमिका निभाई। महाविद्यालय के संस्थापक डॉ. सुशील चन्द्र त्रिवेदी 'मधुपेश' की प्रतिनिधि स्नेहिल पाण्डैय ने शिक्षण संस्थानों में नैतिक मूल्यों के महत्व पर जोर दिया। कार्यक्रम की अध्यक्षता डॉ. बी.एस. पांडेय ने की और संचालन राजकुमार सिंह ने किया। महेश मिश्र ने आभार व्यक्त किया। इस अवसर पर डॉ. ईश्वर चंद्र वर्मा, मदन मोहन पाण्डेय, और डॉ. शशिकांत पांडेय सहित कई शोधार्थी और प्रबुद्धजन उपस्थित रहे। संगोष्ठी का समापन राष्ट्रगान के साथ हुआ। देखें तस्वीरें…
बांसवाड़ा के कुशलबाग मैदान में मंगलवार से राजीविका के तत्वावधान में 'राजसखी मेला' शुरू हुआ। इसका उद्घाटन समाजसेवी पूंजीलाल गायरी, जिला परिषद के सीईओ गोपाल लाल स्वर्णकार और जिला परियोजना प्रबंधक धनपत सिंह सहित अन्य जनप्रतिनिधियों ने दीप प्रज्वलित कर किया। अतिथियों ने विभिन्न स्टॉल विजिट की और महिलाओं द्वारा तैयार किए गए उत्पादों की बारीकी से जानकारी ली। उन्होंने कहा कि यह मेला आदिवासी अंचल की महिलाओं की आय बढ़ाने की दिशा में एक सशक्त कदम है। इस मेले का उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्र की स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाना और उनके हस्तशिल्प उत्पादों को एक बड़ा बाजार उपलब्ध कराना है। कलेक्टर ने दी डिजिटल मार्केटिंग की सलाहजिला कलेक्टर डॉ. इंद्रजीत यादव ने भी मेले का जायजा लिया। उन्होंने स्वयं सहायता समूहों की महिलाओं से उनके उत्पादों की गुणवत्ता, पैकेजिंग और कीमत को लेकर चर्चा की। कलेक्टर ने महिलाओं को डिजिटल भुगतान अपनाने और उत्पादों की बेहतर ब्रांडिंग करने के निर्देश दिए, जिससे बाजार में उनकी मांग बढ़ सके। 'लखपति दीदी' को टैबलेट बांटेजिला कलेक्टर ने योजना के तहत 'लखपति दीदी' बनी महिलाओं को टैबलेट वितरित किए। उन्होंने बताया कि तकनीक से जुड़कर ये महिलाएं अपने कारोबार का हिसाब-किताब और मार्केटिंग और भी बेहतर तरीके से कर सकेंगी। बता दें कि मेले में जिले और राज्य के विभिन्न हिस्सों से आई महिलाओं ने कलात्मक प्रोडक्ट्स का प्रदर्शन किया है। इनमें पारंपरिक आभूषण और प्रसिद्ध तीर-कमान के अलावा काली कमोद चावल, जैविक अचार, पापड़ और मसाले शामिल है। जबकि हर्बल गुलाल और अन्य घरेलू प्रोडक्ट भी बेचने के लिए प्रदर्शित किए है।
शिक्षा, संगठन और युवा जागरूकता पर दिया जोर, सांस्कृतिक कार्यक्रम में बच्चों ने मोहा मन
भास्कर न्यूज | बरही बरही के पटना रोड स्थित केसरवानी आश्रम के प्रांगण में हर वर्ष की भांति इस वर्ष भी 23 फरवरी, सोमवार को 32वां केसरवानी मिलन समारोह बड़े ही हर्षोल्लास के साथ बनाया गया। समारोह की अध्यक्षता समाज के अध्यक्ष बिनोद केशरी ने की। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि अखिल भारतीय केसरवानी वैश्य महासभा के संगठन मंत्री भगवान केशरी तथा विशिष्ट अतिथि झारखंड प्रदेश केसरवानी वैश्य सभा के उपाध्यक्ष कपिल केशरी व पूर्व संगठन मंत्री महेंद्र केशरी उपस्थित रहे। समारोह का शुभारंभ दीप प्रज्वलन एवं गोत्राचार्य महर्षि कश्यप के चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित कर किया गया। इसके पश्चात अतिथियों एवं समाज के गणमान्य व्यक्तियों का भव्य स्वागत किया गया। कार्यक्रम के दौरान समाज की एकता, शिक्षा के प्रसार, युवा वर्ग के मार्गदर्शन तथा सामाजिक विकास जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तारपूर्वक चर्चा की गई। मुख्य अतिथि भगवान केशरी ने कहा कि समाज की मजबूती संगठन और एकता में निहित है। उन्होंने युवाओं से सामाजिक गतिविधियों में सक्रिय भागीदारी निभाने और शिक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देने का आह्वान किया। विशिष्ट अतिथि कपिल केशरी ने कहा कि सामाजिक समरसता और पारस्परिक सहयोग ही किसी भी समाज की वास्तविक पूंजी होती है। उन्होंने प्रदेश स्तर पर चल रही विभिन्न सामाजिक व शैक्षणिक योजनाओं की जानकारी देते हुए समाज के लोगों से संगठित रहकर प्रगति के मार्ग पर अग्रसर रहने का आग्रह किया। अपने अध्यक्षीय संबोधन में बिनोद केशरी ने कहा कि ऐसे आयोजन समाज में आपसी प्रेम, सहयोग व भाईचारे की भावना को और अधिक सुदृढ़ करते हैं। उन्होंने समाज के सभी सदस्यों से एकजुट होकर समाज के उत्थान एवं प्रगति के लिए निरंतर प्रयासरत रहने का आह्वान किया। समारोह के दौरान आकर्षक सांस्कृतिक प्रस्तुतियां भी दी गईं, जिन्होंने उपस्थित जनसमूह का मन मोह लिया। सांस्कृतिक कार्यक्रम में नंदिनी केशरी के नेतृत्व में आदर्श केशरी, ओम केशरी, पूजा केशरी, गुड्डू केशरी, आशीष केशरी, मून केशरी, अनमोल केशरी एवं रीतीक केशरी ने शानदार प्रस्तुति देकर खूब तालियां बटोरीं। कार्यक्रम का सफल मंच संचालन राजेश केशरी व नंदिनी केशरी ने किया, जिन्होंने पूरे समारोह को प्रभावशाली एवं सुव्यवस्थित ढंग से आगे बढ़ाया। इस अवसर पर अध्यक्ष विनोद केशरी, महामंत्री उदय केशरी, कोषाध्यक्ष अशोक केशरी, संरक्षक सह मार्गदर्शक जगदीश साहू, रत्नेश्वर केशरी, दशरथ केशरी, मनोज केशरी, परमेश्वरी केशरी, इंद्रदेव केशरी, राजकुमार केशरी, नगर सभा के उपाध्यक्ष उमेश केशरी, संगठन मंत्री शंकर केशरी, सह सचिव आशीष केशरी, मीडिया प्रभारी राजेश केशरी उर्फ मेवालाल, नगर केसरवानी महिला सभा की संरक्षक संजू केशरी, अध्यक्ष जयंती केशरी, महामंत्री मंजू केशरी, कोषाध्यक्ष उर्मिला केशरी, उपाध्यक्ष रेखा केशरी, तरुण सभा के अध्यक्ष रंजीत केशरी, महामंत्री जयराम केशरी, कोषाध्यक्ष रोहित केशरी सहित बड़ी संख्या में समाज के लोग उपस्थित रहे। भास्कर न्यूज | हजारीबाग श्याम भक्त परिवार हजारीबाग का श्री श्याम फाल्गुन निशान शोभायात्रा मंगलवार की निकाला जाएगा। शोभा यात्रा की तैयारी पूर्ण कर ली गई है। सोमवार को यात्रा शुरुआत स्थल पर भक्त तैयारी में लगे रहे। बाबा श्याम का मंदिर बिहारी दुर्गा स्थान के बगल में बना है। मंदिर का कार्य लगभग 90 प्रतिशत पूरा हो गया है। जल्द ही प्राण प्रतिष्ठा की तिथि की घोषणा की जानी है। उक्त मंदिर परिसर से ही मंगलवार को निशान यात्रा निकाला जाना है। आज महिलाओं ने सामूहिक रूप से प्रभु श्री श्याम के पावन निशान की विधिवत रूप से उसकी सज्जा का किया। श्याम के मधुर भजनों को गुनगुनाते हुए महिलाएं पूरी श्रद्धा और समर्पण भाव से निशान को सजाने में लगी रहीं। मोर पंख, गेंदा फूल, रंगीन वस्त्र एवं आकर्षक सजावटी सामग्री से निशान को भव्य और मनोहारी स्वरूप प्रदान किया गया। दूसरी ओर आयोजक मंडली के सदस्य भी कार्यक्रम को सफल व सुव्यवस्थित रूप से संपन्न कराने हेतु अंतिम तैयारियों में जुटे रहे। शोभायात्रा में सुसज्जित रथ, ध्वनि विस्तारक यंत्र, प्रकाश व्यवस्था की गई है। आयोजकों के अनुसार प्रत्येक वर्ष की भांति इस वर्ष भी श्री श्याम फाल्गुन निशान ध्वज शोभायात्रा को ऐतिहासिक और यादगार बनाने का हमारा संकल्प है। इस बार यात्रा नवनिर्मित श्री श्याम मंदिर से निकाली जा रही है। यात्रा प्रातः 9:00 बजे विधिवत पूजा-अर्चना के उपरांत निकाली जाएगी। सुसज्जित रथ पर विराजमान प्रभु श्री श्याम के दर्शन के लिए श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ने की संभावना है। यात्रा शहर के विभिन्न प्रमुख चौक-चौराहों व मार्गों से होते हुए पुनः मंदिर प्रांगण में पहुंचकर संपन्न होगी।
प्रदेश में कथित रूप से बढ़ती पुलिस अभिरक्षा में मौतों और कानून व्यवस्था पर सवाल उठाते हुए ऑल इंडिया मुस्लिम त्यौहार कमेटी ने मानव अधिकार आयोग को ज्ञापन सौंपने की घोषणा की है। कमेटी का आरोप है कि मध्यप्रदेश में कानून व्यवस्था चरमराई हुई है और पुलिस पर लगाए जा रहे गंभीर आरोपों की निष्पक्ष जांच नहीं हो रही है। कमेटी के संरक्षक शमशुल हसन का कहना है कि आम नागरिक के खिलाफ हत्या के मामलों में धारा 302 के तहत प्रकरण दर्ज किए जाते हैं, लेकिन यदि किसी व्यक्ति की मौत पुलिस अभिरक्षा में होती है तो जांच के नाम पर लीपापोती की जाती है। उन्होंने इसे “एक प्रदेश में दो कानून” जैसी स्थिति बताया है।ऑल इंडिया मुस्लिम त्यौहार कमेटी ने मांग की है कि पुलिस अभिरक्षा में हुई मौतों की अविलंब निष्पक्ष जांच कराई जाए और दोषी पाए जाने वाले अधिकारियों के खिलाफ आपराधिक प्रकरण दर्ज किए जाएं। कमेटी के अनुसार, 23 फरवरी 2026 को सुबह 11:30 बजे मानव अधिकार आयोग परिसर में एकत्र होकर आयोग को ज्ञापन सौंपा जाएगा।
भोपाल के गौहर महल में अनंत मंडी के 7 साल पूरे होने पर तीन दिवसीय अनंत महोत्सव का आयोजन हुआ। 20 से 22 फरवरी तक चले इस कार्यक्रम में जैविक किसान और स्थानीय हस्तशिल्प बाजार लगे। इसके अलावा तीनों दिन अलग-अलग तरीके के सांस्कृतिक कार्यक्रमों का भी आयोजन हुआ, जिनमें कत्थक, ओपन माइक और बैंड परफॉर्मेंस शामिल है। मंडी में 60 से ज्यादा जैविक किसान अपनी ऑर्गेनिक सब्जियों, अनाज, फल और अन्य उत्पादों के साथ पहुंचे। तीनों दिन एंट्री फ्री थी और आए हुए लोगों के लिए पॉटरी और जेवर बनाने जैसे कई वर्कशॉप्स का भी आयोजन किया था। पूरे भारत से दुकानें और तमिलनाडु से बीज भारत की विविधता और यूनीकनेस आनंद मंडी का मुख्य उद्देश्य 7 सालों से अनंत महोत्सव से जुड़ी हुई पुली ने कहा कि यहां कई अलग-अलग वैरायटी के स्टॉल हैं, जो कि पूरे भारत से आए हैं। ऑर्गेनिक फार्म प्रोडक्ट्स और हैंडीक्राफ्ट की विविधता को एक साथ दिखाना हमारा मुख्य उद्देश्य रहता है, जिससे आनंद महोत्सव की यूनीकनेस बनी रहे। यह एक चुनौतीपूर्ण पर दिलचस्प काम होता है। हमारी कोशिश रहती है कि सारे के सारे स्टॉल अलग दिखें। अनंत मंडी हर रविवार गांधी भवन में लगाई जाती है। पद्मश्री से सम्मानित कलाकारों की परफॉर्मेंस कार्यक्रम के आखिरी दिन यानी 22 फरवरी को रात 8:00 बजे पद्मश्री से सम्मानित कालूराम बामनिया की भी परफॉर्मेंस होगी। पहले दिन ओपन माइक और तत्सम बैंड की परफॉर्मेंस हुई थी, उसके बाद दूसरे दिन कथक नृत्य का आयोजन किया गया, साथ ही संगत बैंड ने अपनी परफॉर्मेंस दी। --------------------------------------------- ये खबर भी पढ़ें… 32 कैंचियों से एकसाथ हेयरकट कर बनाए 3 वर्ल्ड रिकॉर्ड:उज्जैन के बार्बर का कमाल 32 कैंचियों से एकसाथ हेयरकट कर बनाए 3 वर्ल्ड रिकॉर्ड:उज्जैन के बार्बर का कमाल; सोशल मीडिया पर चीन का वीडियो देखकर मिली प्रेरणा पूरी खबर पढ़ें…
औरंगाबाद में कुटुंबा प्रखंड स्थित सूर्य मंदिर पिपरा बगाही मटपा साड़ी परिसर में चौथे दहेज रहित सामूहिक विवाह समारोह का भव्य आयोजन धूमधाम और हर्षोल्लास के साथ किया गया। सामाजिक समरसता और कुरीतियों के उन्मूलन के उद्देश्य से आयोजित इस समारोह में कुल 23 जोड़ों ने वैदिक मंत्रोच्चार के बीच एक-दूसरे का हाथ थामकर जीवनभर साथ निभाने की शपथ ली। पूरा परिसर मंगलगीतों, शहनाई की धुन और शुभकामनाओं से गूंज उठा। कार्यक्रम में बतौर मुख्य अतिथि कुटुंबा विधायक ललन राम उपस्थित रहे। उनके साथ समाजसेवी डॉ. विजय राज सिंह, सिद्धेश्वर विद्यार्थी, सांसद प्रतिनिधि राजीव रंजन, दीपक कुमार समेत कई गणमान्य अतिथि मौजूद थे। सभी अतिथियों ने नवविवाहित जोड़ों को आशीर्वाद देते हुए उनके सुखद, समृद्ध और खुशहाल वैवाहिक जीवन की कामना की। बेटे-बेटियों की शादी में कर्ज के बोझ तले दब रहे लोग मुख्य अतिथि ने अपने संबोधन में कहा कि आज के दौर में लोग दिखावे और आडंबर के चक्कर में कर्ज लेकर शादियां करते हैं, जिससे परिवार आर्थिक बोझ तले दब जाते हैं। ऐसे सामूहिक और दहेज रहित विवाह समारोह समाज को सकारात्मक दिशा देने का काम करते हैं। उन्होंने कहा कि इस तरह के आयोजन न केवल दहेज प्रथा जैसी सामाजिक बुराइयों पर रोक लगाने में सहायक हैं, बल्कि बाल विवाह जैसी कुप्रथाओं को भी हतोत्साहित करते हैं। विधायक ने आयोजन समिति की सराहना करते हुए कहा कि यह पहल समाज के लिए अनुकरणीय है।समाजसेवी डॉ. विजय राज सिंह ने कहा कि सूर्य मंदिर समिति की ओर से पिछले कई वर्षों से दहेज रहित सामूहिक विवाह का आयोजन किया जा रहा है, जो समाज में एक प्रेरणादायक संदेश देता है। उन्होंने लोगों से अपील की कि वे खर्चीली शादियों से बचें और ऐसे आयोजनों को बढ़ावा दें, जिससे समाज में समानता और भाईचारा मजबूत हो। आयोजन समिति की ओर से सभी नवदंपतियों को दैनिक उपयोग की वस्तुएं एवं उपहार प्रदान किए गए, जिससे उनके नए जीवन की शुरुआत सुगम हो सके। इनकी भूमिका रही सराहनीय समारोह को सफल बनाने में सूर्य मंदिर समिति के कई सदस्यों ने सक्रिय भूमिका निभाई। कुमुद रंजन मिश्रा, संजय कुमार सिन्हा, धर्मेंद्र कुमार सिंह, रोबोट गुप्ता, निशिकांत मिश्रा, पंकज वैद्य, कृपाल मेहता, राजू मेहता, बबन मेहता, अशोक कुमार सिंह, मुन्ना कुमार सिंह, मृत्युंजय विश्वकर्मा, रवि, सचिन, जयप्रकाश और श्रीराम पाठक समेत अन्य कार्यकर्ताओं ने आयोजन की तैयारियों से लेकर विधि-विधान तक हर व्यवस्था को सुचारू रूप से संचालित किया। समिति के सदस्यों ने बताया कि उनका उद्देश्य समाज से दहेज जैसी कुप्रथा को जड़ से समाप्त करना है। सांस्कृतिक कार्यक्रम ने बांधा समां दहेज रहित सामूहिक विवाह उत्सव के अवसर पर सांस्कृतिक कार्यक्रम का भी भव्य आयोजन किया गया। स्थानीय कलाकार छोटू छलिया, पंकज पाल, धर्मेंद्र धड़कन समेत अन्य कलाकारों ने लोकगीत और विवाह गीत प्रस्तुत कर माहौल को खुशनुमा बना दिया। डाल्टेनगंज से पहुंचे कलाकार उमाशंकर मिश्र ने अपने सुरों से दर्शकों को झूमने पर मजबूर कर दिया। मशहूर गायक सनोज सागर की प्रस्तुति पर दर्शकों ने तालियों की गड़गड़ाहट से स्वागत किया। वहीं सुजाता संगम और रानी पांडेय द्वारा प्रस्तुत पारंपरिक गीतों ने विवाह समारोह में सांस्कृतिक रंग भर दिया। इन जोड़ियों का हुआ परिणय समारोह में विभिन्न जिलों और गांवों से आए 23 जोड़ों का विवाह संपन्न कराया गया। झारखंड के पलामू जिले के हुसैनाबाद थाना क्षेत्र के संडा गांव निवासी कस्तूरी कुमारी का विवाह चौखड़ा निवासी चंदन कुमार के साथ हुआ। संडा गांव की काजल कुमारी की शादी मोहम्मद गंज के गोनराडीह निवासी पिंटू कुमार रजवार से हुई। नबीनगर के चंद्रगढ़ की रूबी कुमारी ने कुटुंबा के गोडीहा निवासी भोला कुमार के साथ सात फेरे लिए। हरिहरगंज के बुढ़रौंदा निवासी मीना कुमारी का विवाह पिपरा बगाही के सुरेंद्र भुइयां से, कोठीला गांव की गीता कुमारी का विवाह खैरा निवासी अवध कुमार से, गयाजी के सलैया गांव की सुनैना कुमारी का विवाह नौडीहा बाजार के बलहा निवासी राजन कुमार से संपन्न हुआ। इब्राहिमपुर की सोनी कुमारी तुरी निवासी लखन भुइयां के साथ विवाह बंधन में बंधीं।ओबरा के शादीपुर की पूजा कुमारी का विवाह मुजहिदा निवासी मुकेश कुमार से, कोसाडीहरा की सोनी कुमारी का विवाह देव के चांदपुर निवासी विद्यानंद कुमार से हुआ। खैरा की काजल कुमारी ने सकलदीपा निवासी मनोज कुमार के साथ सात फेरे लिए। पिपरा की कंचन कुमारी का विवाह शहीद बिगहा निवासी अजीत कुमार से, समदा बीघा की चंदा कुमारी का विवाह अकौनी निवासी सरोज कुमार से और बदरपुर की ममता कुमारी का विवाह तेतरिया निवासी धनंजय कुमार से हुआ। बरवाडीह की कृपा कुमारी का विवाह बेलाई निवासी लवकुश कुमार से, बेढ़नी की आशा कुमारी का विवाह हनेया निवासी युवक से, भरत बेदौली की मायावती कुमारी का विवाह कुरमहा निवासी अनुज कुमार से संपन्न हुआ। देवरी कला की रानी कुमारी का विवाह चपरवार निवासी पंकज कुमार से, बसंतपुर की नेहा कुमारी का विवाह कोसाडीहरा निवासी महेश कुमार से हुआ।इसी प्रकार मेनकी कुमारी का विवाह पड़वा मोड़ निवासी अमित लाल राम से, जम्हारिया की अंशु कुमारी का विवाह कासिमपुर निवासी पवन कुमार से, पिपरा बगाही की प्रियंका कुमारी का विवाह दधपा निवासी सुरेंद्र कुमार से तथा गढ़वा के चेचरिया की पूजा कुमारी का विवाह डिप्टी बीघा निवासी सुरेंद्र चौधरी से संपन्न हुआ।
संभल में हिंदू शक्ति दल ने डिप्टी कलेक्टर को राष्ट्रपति और मुख्यमंत्री के नाम दो ज्ञापन सौंपे हैं। इन ज्ञापनों में संभल के विवादित धार्मिक स्थल श्रीहरिहर मंदिर बनाम शाही जामा मस्जिद में नमाज रोकने की मांग की गई है। संगठन ने चेतावनी दी है कि यदि प्रशासन नमाज नहीं रोक पाता है, तो वे नवरात्र में पूजा-अर्चना शुरू करेंगे। शनिवार को हिंदू शक्ति दल के राष्ट्रीय अध्यक्ष सिमरन गुप्ता अपने समर्थकों के साथ संभल के जिला कलेक्टर कार्यालय पहुंचे। उन्होंने डिप्टी कलेक्टर नीतू रानी को ये ज्ञापन सौंपे। मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन में मांग की गई है कि मुस्लिम समाज को 'अवैध जामा मस्जिद' में नमाज पढ़ने से रोका जाए, क्योंकि कानून सभी के लिए समान है। संगठन ने बताया कि यह मांग पहले भी दो बार की जा चुकी है, लेकिन सरकार और जिला प्रशासन ने इस पर कोई ध्यान नहीं दिया। राष्ट्रपति को संबोधित ज्ञापन में कुरान मजीद पुस्तक पर प्रतिबंध लगाने की मांग की गई है। ज्ञापन में कहा गया है कि इस पुस्तक को लेकर विवाद उत्पन्न होता रहा है। हाल ही में शिया वक्फ बोर्ड के पूर्व चेयरमैन वसीम रिजवी ने सुप्रीम कोर्ट में जनहित याचिका दायर कर कुरान मजीद से 26 आयतों को हटाने की मांग की थी, जिससे मुस्लिम समुदाय में काफी रोष है। ज्ञापन में यह भी दावा किया गया है कि इस पुस्तक के माध्यम से आतंकवाद और जिहाद जैसे अपराधों का जन्म हुआ है। ज्ञापन में वसीम रिजवी की हत्या के बारे में फतवा जारी करने वाले सभी मौलवियों के खिलाफ देशद्रोह का मामला दर्ज करने की मांग भी की गई है। इसके अतिरिक्त, कुरान मजीद पुस्तक को जल्द से जल्द प्रतिबंधित करने की अपील की गई है, क्योंकि संगठन का मानना है कि इसके पढ़ने से देश में आतंकवाद, कट्टरपंथ और जिहादी ताकतों को बढ़ावा मिलता है। ऐसे मौलवियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई और उनकी आय से अधिक संपत्ति की जांच की भी मांग की गई है। हिंदू शक्ति दल के राष्ट्रीय अध्यक्ष सिमरन गुप्ता ने कहा कि संभल में हमारी एक प्राचीन धरोहर है, जिसे कल्कि धाम और प्राचीन हरिहर मंदिर के नाम से जाना जाता है।प्रथम हिंदू सम्राट महाराजा पृथ्वीराज चौहान द्वारा इस मंदिर का निर्माण कराया गया था।इतिहास में कुछ मुस्लिम आक्रांताओं ने इसे तोड़कर वहाँ एक मस्जिद बना दी थी, जो कि पूरी तरह अवैध है। आज भी वहाँ हरिहर मंदिर का अस्तित्व है और हमेशा रहेगा। चूँकि यह मामला वर्तमान में न्यायालय में विचाराधीन है, हमारी मांग है कि जब तक इस पर अंतिम फैसला नहीं आ जाता, तब तक वहाँ होने वाली नमाज़ पर तुरंत रोक लगाई जाए। अगर हम वहाँ अपनी आस्था के अनुरूप पूजा नहीं कर सकते, तो वहाँ नमाज़ भी नहीं होनी चाहिए। यदि प्रशासन नमाज़ पर रोक नहीं लगाता है, तो आने वाले नवरात्रों में हम माता रानी का नाम लेकर वहाँ अपनी पूजा-अर्चना शुरू करेंगे और हमें जो रोक सकता है, रोक ले।
जोधपुर शहर से लेकर गांवों में इन दिनों फाल्गुन महीने के साथ ही चंग पर गीतों की आवाज गूंजने लगी है। खास बात ये है कि चंग का क्रेज आज भी लोगों में हैं। इसी के चलते शहर के कारीगर इन दिनों चंग बनाने के काम में जुटे हैं। शहर में करीब 10 परिवार हैं जो चंग बनाने का काम कर रहे हैं। बदलते समय के साथ भले ही चंग की जगह आधुनिक चीजों ने ले ली हो लेकिन आज भी गावों में इसकी डिमांड है। इस बार चंग के साथ ही मजीरे और झांझ बजने वाली चंग भी तैयार की गई है। खास बात ये है कि जोधपुर में बनने वाले इन चंग की गुजरात के कई शहरों में भी सप्लाई की जाती है । चंग बनाने वाले जितेंद्र चौहान ने बताया उनका परिवार करीब 40 से इस काम को करता आया है। जोधपुर में चंग की करीब 15 दुकानें हैं। यहां इस सीजन में करीब 4 हजार से 5 हजार के बीच चंग की बिक्री होती है। इस बार चंग के साथ ही मजीरे की आवाज आए इसके लिए भी खास चंग तैयार की है। ये चंग 900 रुपए से लेकर 2500 रुपए तक की है। समय के साथ आया बदलाव बदलते दौर में भी चंग की काफी डिमांड है। होली पर्व को लेकर गांव के साथ ही शहर के युवा चंग खरीदने आ रहे हैं। बता दें कि चंग को होली के अवसर फाग गीतों के साथ बजाया जाता है। फाल्गुन मास की शुरुआत के साथ ही फाग गीतों की टोलियाँ फाग गीतों पर प्रस्तुति देती है। खासतौर पर गांवों में चंग का काफी क्रेज है।
दमोह पुलिस ने शुक्रवार रात शहर के प्रमुख रास्तों पर फ्लैग मार्च निकालकर अपनी मौजूदगी दर्ज कराई। आने वाले होली, रमजान और अन्य त्योहारों के दौरान शहर में शांति और सुरक्षा का माहौल बनाए रखने के लिए यह कदम उठाया गया है। यह फ्लैग मार्च कोतवाली थाने से शुरू हुआ। पुलिस का यह दल शहर के भीड़भाड़ वाले और संवेदनशील इलाकों जैसे घंटाघर, पुराना थाना, कसाई मंडी, बिलवारी मोहल्ला और पठानी मोहल्ला से होते हुए गुजरा। मार्च का समापन वापस कोतवाली थाने पर हुआ। भाईचारे के साथ त्योहार मनाने की अपील फ्लैग मार्च के दौरान पुलिस अधिकारियों ने आम जनता से बात की और अपील की कि सभी त्योहार आपसी प्रेम और भाईचारे के साथ मनाएं। इस मार्च के जरिए पुलिस ने यह संदेश भी दिया कि कानून-व्यवस्था बिगाड़ने वाले तत्वों पर पुलिस की पैनी नजर है। भारी संख्या में तैनात रहा पुलिस बल सीएसपी एचआर पांडे के नेतृत्व में निकले इस मार्च में कोतवाली टीआई मनीष कुमार, देहात थाना प्रभारी रचना मिश्रा और शहर की विभिन्न चौकियों के प्रभारी शामिल रहे। बड़ी संख्या में पुलिस बल की मौजूदगी ने नागरिकों में सुरक्षा का भाव जगाया।
लखनऊ विकास प्राधिकरण (एलडीए) के वीसी प्रथमेश कुमार का मोबाइल हैक करने वाले आरोपित की लोकेशन पुलिस ने झारखंड के जमशेदपुर में ट्रेस कर ली है। लोकेशन मिलते ही एसटीएफ और लखनऊ पुलिस की संयुक्त टीम झारखंड के लिए रवाना हो गई है। स्थानीय पुलिस भी संदिग्ध पर नजर बनाए हुए है। सूत्रों के मुताबिक, शुरुआती जांच में पता चला कि हैकर जमशेदपुर में छिपा हुआ है। वहां की पुलिस जैसे ही उसे पकड़ने पहुंची, आरोपित को शक हो गया और वह पास के एक धार्मिक स्थल में घुस गया। पुलिस टीम काफी देर तक बाहर इंतजार करती रही, लेकिन इसी दौरान वह किसी दूसरे रास्ते से फरार हो गया। फिलहाल उसकी तलाश में दबिश दी जा रही है। अधिकारियों का दावा है कि जल्द ही उसे गिरफ्तार कर लखनऊ लाया जाएगा। इसी बीच एलडीए के एक्सईएन मनोज सागर का मोबाइल नंबर भी हैक होने की जानकारी सामने आई है। इस मामले में भी लोकेशन जमशेदपुर की ही मिली है, जिससे एक ही गिरोह की संलिप्तता की आशंका जताई जा रही है। एलडीए उपाध्यक्ष का फोन हुआ था हैक एलडीए उपाध्यक्ष प्रथमेश कुमार का निजी मोबाइल नंबर 18 फरवरी को साइबर जालसाजों ने हैक कर लिया गया था। हैकर ने नंबर का दुरुपयोग करते हुए प्रदेश भर के आईएएस अफसरों से रुपए की मांग की थी। इसमें प्रमुख सचिव स्तर के अधिकारी भी शामिल थे। मामला सामने आते ही वीसी ने तत्काल पुलिस और साइबर सेल को सूचना दी, जिसके बाद जांच शुरू की गई। अब पुलिस की नजर जमशेदपुर में सक्रिय साइबर गिरोह पर है। एसटीएफ की टीम तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर आरोपित तक पहुंचने का प्रयास कर रही है।
खैरथल-तिजारा जिले में विश्व सामाजिक न्याय दिवस के अवसर पर जिला स्तरीय दिव्यांग खेलकूद प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। इस प्रतियोगिता का मुख्य उद्देश्य विशेष योग्यजनों की सामाजिक सहभागिता और उत्साहवर्धन करना था। यह आयोजन सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग व जिला खेल-कूद प्रशिक्षण केंद्र, खैरथल-तिजारा के संयुक्त तत्वावधान में राजकीय अंबेडकर बालक छात्रावास, हरसौली रोड, खैरथल में संपन्न हुआ। लूडो, शतरंज समेत हुई अन्य प्रतियोगिताएं इस महोत्सव में जिले के इच्छुक दिव्यांगजनों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। प्रतियोगिताओं में शतरंज, लूडो, कैरम, चैस के साथ-साथ संगीत और विभिन्न सांस्कृतिक गतिविधियां शामिल थीं। प्रतिभागियों ने अपनी प्रतिभा का उत्कृष्ट प्रदर्शन किया। कार्यक्रम के समापन पर सभी प्रतिभागियों को सहभागिता प्रमाण-पत्र देकर सम्मानित किया गया, जिससे उनका उत्साहवर्धन हुआ। इस मौके पर समाज कल्याण अधिकारी रमेश दहमीवाल, शारीरिक शिक्षक हरवीर सिंह, संजय कुमार सुथार, गिरीराज यादव, दिनेश दहिया, तथा समाज कल्याण विभाग से नीरज भड़ाना, अंकित महावर, सौरभ सिंह और नवीन यादव सहित कई अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित थे। इस पूरे आयोजन का मुख्य उद्देश्य विशेष योग्यजनों को समाज की मुख्यधारा से जोड़ना और उनके आत्मविश्वास एवं प्रतिभा को प्रोत्साहित करना था।
विद्यार्थियों का शैक्षणिक भ्रमण संपन्न, लोक कला मंडल और प्रताप गौरव केंद्र का किया अध्ययन
राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय, सवीना ग्राम (नेला) के सत्र 2025-26 में परीक्षा पूर्व शैक्षणिक भ्रमण सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। अंतिम चरण में विद्यार्थियों को व्याख्याता विजय कुमार जैन के नेतृत्व में भारतीय लोक कला मंडल एवं राष्ट्रीय तीर्थ महाराणा प्रताप गौरव केंद्र ले जाया गया। विभिन्न चरणों में विद्यालय के लगभग 500 छात्र-छात्राओं, बीएड इंटर्न एवं शिक्षकों ने इन दोनों प्रसिद्ध स्थलों का भ्रमण किया। भारतीय लोक कला मंडल में विद्यार्थियों ने राजस्थान के आदिवासी अंचल की कला दीर्घा का अवलोकन किया तथा प्रसिद्ध कठपुतली कला का आनंद लिया। इसके पश्चात राष्ट्रीय तीर्थ महाराणा प्रताप गौरव केंद्र में महाराणा प्रताप के शौर्य, स्वाभिमान एवं जीवन से जुड़े प्रसंगों को चल-चित्रों एवं भित्तिचित्रों के माध्यम से जाना। मां पन्नाधाय के त्याग, भीलू राणा के शौर्य, भामाशाह के दान और चेतक की स्वामीभक्ति के प्रेरक प्रसंगों से विद्यार्थियों को अवगत कराया गया। प्राचार्य संजय लूणावत ने बताया कि इस प्रकार की ऐतिहासिक शैक्षणिक यात्राएं विद्यार्थियों के ज्ञान में वृद्धि करने के साथ-साथ राष्ट्रभक्ति की भावना को भी सुदृढ़ करती हैं। अंतिम चरण की इस यात्रा को प्राचार्य मीनू सालवी ने हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। विद्यार्थियों के साथ अध्यापिका अमिता श्रीमाली, देवेंद्र सिंह शक्तावत, विष्णु गमेती एवं लीला गमेती भी उपस्थित रहे।
Rang Panchami 2026: रंगपंचमी का त्योहार कब मनाया जाएगा, क्या है इसका महत्व और कथा
Significance of Colors in Indian Festivals: भारतभर में चैत्र कृष्ण पंचमी के दिन रंगपंचमी के दिन को मनाते हुए, न केवल रंगों के खेल का आनंद लेते हैं, बल्कि समाज में प्रेम, भाईचारे और सजीवता का संदेश फैलाते हैं। रंगपंचमी के साथ जुड़ी धार्मिक कथाएं, ...
महेंद्रपुर में विज्ञान और गणित मेले का आयोजन, सांस्कृतिक कार्यक्रम भी हुए
भास्कर न्यूज | दुर्गूकोंदल प्राथमिक शाला एवं माध्यमिक शाला महेंद्रपुर में विज्ञान, गणित मेला एवं सह-पालक सम्मेलन का आयोजन किया गया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि सरपंच बलराम टेपरिया तथा विशेष अतिथि जनपद सदस्य पीलम नरेटी थे। कार्यक्रम की अध्यक्षता शाला समिति के अध्यक्ष पंचम नरेटी ने की। विशिष्ट अतिथि के रूप में हिरेसिंह नरेटी, भरत निषाद एवं नरेश कोमरे उपस्थित रहे। मेले में महेंद्रपुर, सटेली, राउरवाही एवं चिहरों के बच्चे, शिक्षक एवं पालक शामिल हुए। कार्यक्रम में बच्चों द्वारा रंगारंग सांस्कृतिक प्रस्तुतियां दी गईं, जिन्होंने सभी का मन मोह लिया। माताओं के लिए गुलाल फेंक, सिक्का उठाओ एवं कुर्सी दौड़ प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया। प्रतियोगिताओं के विजेताओं को पुरस्कृत किया गया। बच्चों ने विज्ञान एवं गणित मेले में कुल 27 स्टॉल लगाए। इनमें विज्ञान और गणित के मॉडल आकर्षण का केंद्र रहे। बच्चों ने बाल बाजार भी लगाया, जिसमें उन्होंने व्यापारिक कौशल का प्रदर्शन किया। सरपंच बलराम टेपरिया ने कहा कि आज के दौर में शिक्षा केवल किताबों तक सीमित नहीं है। बच्चों द्वारा बनाए गए विज्ञान और गणित के मॉडल उनकी रचनात्मक सोच को दर्शाते हैं। ग्रामीण क्षेत्रों में इस प्रकार के आयोजनों से बच्चों का आत्मविश्वास बढ़ता है और उनमें वैज्ञानिक दृष्टिकोण विकसित होता है। उन्होंने कहा कि पंचायत स्तर पर शिक्षा की गुणवत्ता सुधारने के लिए वे सदैव प्रतिबद्ध हैं। दुर्गूकोंदल। महेंद्रपुर में विज्ञान व गणित मेले का हुआ आयोजन।
होली को छपरियों का त्योहार बताकर फंसीं फराह खान, दर्ज हुआ केस
फिल्ममेकर-कोरियोग्राफर फराह खान इन दिनों कुकिंग रियलिटी शो 'सेलिब्रिटी मास्टशेफ' को जज करती नजर आ रही हैं। हाल ही में शो के एक एपिसोड में फराह खान ने होली को 'छपरी लोगों का फेवरेट फेस्टिवल' बताया था। इसके बाद फराह मुश्किलों में घिर गई हैं। फराह खान ...

