ताइक्वांडो खेल के फर्जी प्रमाण पत्र और फर्जी सत्यापन रिपोर्ट के आधार पर तृतीय श्रेणी अध्यापक सीधी भर्ती परीक्षा-2022 में उत्कृष्ट खिलाड़ी कोटे से नौकरी हासिल करने की कोशिश का राजस्थान एसओजी ने खुलासा किया है। इस मामले में एसओजी ने 19 अभ्यर्थियों सहित कुल 20 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। एडीजी एसओजी विशाल बंसल ने बताया कि इस मामले में 12 मार्च को राजस्थान के 14 जिलों और हरियाणा में एक स्थान पर एक साथ रेड की गई। कार्रवाई के दौरान फर्जीवाड़े में शामिल 19 अभ्यर्थियों और एक अन्य आरोपी को गिरफ्तार किया गया। ईमेल की स्पेलिंग की गलती से खुला फर्जीवाड़े का राज जांच के दौरान एसओजी को एक कर्मचारी के मोबाइल में ताइक्वांडो फेडरेशन के नाम से भेजे गए ईमेल का स्क्रीनशॉट मिला। इसमें 39 अभ्यर्थियों के खेल प्रमाण पत्रों का सत्यापन कर शिक्षा विभाग को रिपोर्ट भेजे जाने का उल्लेख था। जब ईमेल की बारीकी से जांच की गई तो उसमें “Secretary” शब्द की स्पेलिंग गलत पाई गई। इसी गलती से अधिकारियों को संदेह हुआ कि इतना बड़ा फेडरेशन आधिकारिक ईमेल में ऐसी गलती कैसे कर सकता है। दुबई से बनाई गई थी फर्जी ईमेल आईडी एसओजी ने ईमेल की तकनीकी जांच कर जीमेल से जानकारी मांगी। जांच में सामने आया कि संदिग्ध ईमेल आईडी दुबई से बनाई गई थी और इसका इस्तेमाल विमलेंदु कुमार झा नामक व्यक्ति कर रहा था। ताइक्वांडो फेडरेशन ऑफ इंडिया की सूची में इस नाम का कोई पदाधिकारी नहीं मिलने पर एसओजी ने विमलेंदु कुमार झा को गिरफ्तार किया। उसकी निशानदेही पर सहयोगी रवि शर्मा को भी पकड़ा गया। साथ ही फर्जी ईमेल बनाने में उपयोग की गई मोबाइल सिम भी बरामद की गई। ऐसे रचा गया पूरा षड्यंत्र जांच में सामने आया कि जब प्रारंभिक शिक्षा निदेशालय ने उत्कृष्ट खिलाड़ी कोटे से चयनित अभ्यर्थियों के प्रमाण पत्रों के सत्यापन के लिए ताइक्वांडो फेडरेशन को ईमेल भेजा, तब इसकी जानकारी आरोपियों को मिल गई। इसके बाद आरोपियों ने उसी ईमेल से मिलती-जुलती एक फर्जी ईमेल आईडी तैयार कर ली और उसी के जरिए फर्जी ताइक्वांडो प्रमाण पत्र रखने वाले अभ्यर्थियों के पक्ष में सत्यापन रिपोर्ट शिक्षा विभाग को भेज दी। फर्जी और असली ईमेल आईडी फर्जी ईमेल आईडी:secreatarytaekwondoindia@gmail.com वास्तविक ईमेल आईडी:secretarytaekwondoindia@gmail.com इस मामले में एसओजी थाना में मुकदमा दर्ज किया गया है। मामले में एसओजी ने 20 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपियों का विवरण 1. बबीता जाखड़ पुत्री हरकाराम, उम्र 32 वर्ष, निवासी सुजानगढ़, जिला चूरू 2. ज्योतिरादित्य पुत्र नरपत सिंह, उम्र 35 वर्ष, निवासी जहाजपुर, जिला भीलवाड़ा 3. सीमा पत्नी अनिल कुमार, निवासी झुंझुनूं 4. कविता भींचर, निवासी सीकर 5. बसंती कुम्हार, निवासी खोराबिसल, जिला जयपुर 6. ममता कुमारी, निवासी सवाई माधोपुर 7. नरेंद्र बिदियासर, निवासी नागौर 8. मुमताज, निवासी नागौर 9. भंवरलाल, निवासी जालोर 10. कवित्ता, निवासी जोधपुर 11. एकता धालोर, निवासी चूरू 12. योगेन्द्र कुमार, निवासी हनुमानगढ़ 13. शिवकरण, निवासी श्रीगंगानगर 14. मांगीलाल, निवासी बीकानेर 15. भलाराम, निवासी बालोतरा 16. भजनलाल, निवासी जालोर 17. सुनील पालीवाल, निवासी फलौदी 18. महेन्द्र पालीवाल, निवासी फलौदी 19. दुर्गाप्रसाद, निवासी फलौदी 20. गजानंद प्रजापत, निवासी जयपुर अभियुक्त गजानंद प्रजापत द्वारा अपनी पत्नी बसंती उर्फ बंटी प्रजापत के लिए दलाल को रुपये देकर फर्जी खेल प्रमाण पत्र प्राप्म कर खेल कोटे से ऑनलाइन आवेदन करवाया गया था। आरोपियों के खिलाफ आईपीसी और आईटी एक्ट के तहत कार्रवाई की गई है। मामले की जांच डीएसपी बाबूलाल मुरारिया कर रहे हैं। एसओजी ने जोधपुर, जालोर, बीकानेर, हनुमानगढ़, श्रीगंगानगर, भीलवाड़ा, जयपुर ग्रामीण, सीकर, झुंझुनूं, नागौर, बालोतरा और फलौदी समेत कई जिलों में कार्रवाई कर आरोपियों को हिरासत में लेकर जयपुर लाया और पूछताछ के बाद गिरफ्तार किया। दलालों की भूमिका भी आई सामने प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि कई अभ्यर्थियों को दलालों ने मोटी रकम लेकर फर्जी ताइक्वांडो खेल प्रमाण पत्र उपलब्ध कराए थे। इसमें कुछ दलालों की भूमिका भी सामने आई है। एसओजी अब यह भी जांच कर रही है कि अभ्यर्थियों से कितनी रकम ली गई और यह पैसा किस-किस तक पहुंचा।
गोंडा जिले में यूपी पुलिस एसआई भर्ती परीक्षा की सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं कल 14 मार्च से शुरू हो रही है। यह परीक्षा जिले के 14 केंद्रों पर आयोजित की जाएगी। पहले दिन, यानी 14 मार्च को, दोनों पालियों में कुल 9600 परीक्षार्थी कड़ी सुरक्षा के बीच परीक्षा देंगे। देवीपाटन रेंज के आईजी अमित पाठक और गोंडा के पुलिस अधीक्षक विनीत जायसवाल ने कई परीक्षा केंद्रों का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने परीक्षा की तैयारियों का जायजा लिया और सीसीटीवी कैमरे, वॉयस रिकॉर्डर तथा परीक्षार्थियों के बैठने की व्यवस्था की जांच की है। दोनों अधिकारियों ने केंद्र व्यवस्थापकों को निर्देश दिए कि परीक्षार्थियों को परीक्षा कक्ष में बैठने में किसी प्रकार की असुविधा न हो। आईजी पाठक और एसपी जायसवाल ने सख्त निर्देश दिए कि प्रत्येक परीक्षार्थी की एचएचएमडी (हैंड हेल्ड मेटल डिटेक्टर) के माध्यम से सघन जांच की जाएगी। परीक्षा केंद्र में प्रवेश से पहले तीन स्तरीय चेकिंग अनिवार्य होगी। किसी भी परीक्षार्थी को इलेक्ट्रॉनिक उपकरण या अन्य प्रतिबंधित सामग्री ले जाने की अनुमति नहीं होगी। परीक्षा की पहली पाली सुबह 10 बजे से दोपहर 12 बजे तक और दूसरी पाली दोपहर 3 बजे से शाम 5 बजे तक होगी। 14 और 15 मार्च को आयोजित होने वाली इन चार पालियों की परीक्षा में कुल 19200 परीक्षार्थी शामिल होंगे। अधिकारियों ने बताया कि परीक्षा को लेकर किसी भी प्रकार की अफवाह फैलाने वालों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाएगी। सभी 14 परीक्षा केंद्रों पर सुचारु यातायात व्यवस्था सुनिश्चित करने के भी विशेष निर्देश दिए गए हैं, ताकि परीक्षार्थियों को कोई दिक्कत न हो और परीक्षा सकुशल संपन्न हो। यातायात पुलिस कर्मियों को परीक्षा केदो के आसपास तैनात रहने के निर्देश दिए गए हैं ताकि जाम की स्थिति ना उत्पन्न होने पाए।
बारां मंडी में गेहूं-सरसों के एक लाख कट्टे पहुंचे:नई फसलों की आवक बढ़ी, नया लहसुन लेकर पहुंचे किसान
बारां शहर की कृषि उपज मंडी में नई फसलों की आवक में तेजी आई है। शुक्रवार को मंडी में गेहूं, सरसों सहित अन्य कृषि जिंसों के लगभग एक लाख कट्टे पहुंचे। मंडी व्यापार संघ के अध्यक्ष मनीष लश्करी ने बताया कि फसलों की कटाई और थ्रेसिंग तेज होने के कारण आवक में वृद्धि हुई है। किसानों को उनकी उपज के अच्छे भाव मिल रहे हैं, जिससे वे संतुष्ट हैं। शुक्रवार को लगभग 50 हजार कट्टे गेहूं और 40 हजार कट्टे सरसों की आवक दर्ज की गई। इसी बीच मंडी में नए लहसुन की भी आवक शुरू हो गई है। लहसुन व्यापार संघ के अध्यक्ष जगदीश बंसल के अनुसार शुक्रवार को लगभग 250 कट्टे लहसुन मंडी में पहुंचे। इसमें देसी लहसुन 8500 रुपए प्रति क्विंटल तक बिका, जबकि ऊंटी लहसुन का भाव 8300 रुपए प्रति क्विंटल रहा। फिलहाल लहसुन की आवक कम है, लेकिन आने वाले दिनों में इसमें बढ़ोतरी होने की संभावना है।
शाजापुर जिला अस्पताल के आईसीयू (ICU) वार्ड में पिछला एक महीना बीत जाने के बाद भी एसी बंद पड़ा है। मार्च की इस तपती गर्मी में गंभीर मरीज और उनके परिवार वाले बेहाल हैं, लेकिन अस्पताल प्रशासन अब तक इसे ठीक नहीं करवा पाया है। आईसीयू जैसे संवेदनशील वार्ड में, जहां हर वक्त ठंडक होनी चाहिए, वहां फिलहाल केवल पंखों के सहारे काम चलाया जा रहा है। वार्ड में 12 पलंग हैं, लेकिन छत पर सिर्फ 6 पंखे ही लगे हैं। हालत यह है कि मरीजों की घबराहट देख उनके घरवाले खुद हाथों से पंखा झेलने को मजबूर हैं। सारंगपुर से आए सोहेल नाम के एक परिजन ने बताया कि एसी न चलने से उनके मरीज की तबीयत और बिगड़ रही है। बार-बार शिकायत के बाद भी सुनवाई नहीं अस्पताल की ही एक नर्स ने दबी जुबान में बताया कि एसी खराब होने की जानकारी कई बार बड़े अफसरों को दी जा चुकी है, पर अब तक कोई सुधार नहीं हुआ। डॉक्टर का मानना है कि आईसीयू का तापमान 22 से 24 डिग्री के बीच रहना बहुत जरूरी है, ताकि मरीजों को संक्रमण न हो और उनकी हालत स्थिर रहे। ऐसे में एसी का बंद होना मरीजों की जान के साथ खिलवाड़ जैसा है। जल्द सुधार का भरोसा अस्पताल के डॉक्टर गोविंद पाटीदार का कहना है कि एसी में कुछ तकनीकी खराबी आ गई है। इसे सुधारने के लिए मैकेनिक को बोल दिया गया है और बहुत जल्द एसी दोबारा चालू कर दिया जाएगा।
हांसी जिले के खरबला गांव में पिछले एक महीने से पीने के पानी का गंभीर संकट बना हुआ है। जलघर से बूस्टिंग स्टेशन तक जाने वाली मुख्य पाइपलाइन कई जगहों से क्षतिग्रस्त होने के कारण पानी बूस्टिंग स्टेशन तक नहीं पहुंच पा रहा है। इससे गांव की करीब आधी आबादी प्रभावित है। ग्रामीणों का कहना है कि सर्दी का मौसम समाप्त हो चुका है और गर्मी बढ़ने के साथ पानी की समस्या और गंभीर हो जाएगी। लोगों को अपने घरों के साथ-साथ पशुओं के लिए भी पानी की व्यवस्था करने में कठिनाई हो रही है। लगातार बनी इस समस्या से परेशान होकर शुक्रवार को ग्रामीणों ने गांव में एकत्रित होकर विरोध प्रदर्शन किया। बीडीपीओ कार्यालय पर भी किया प्रदर्शन इसके बाद ग्रामीणों ने हांसी द्वितीय खंड के बीडीपीओ कार्यालय पहुंचकर भी जोरदार प्रदर्शन किया और जल्द समाधान की मांग उठाई। इस प्रदर्शन में बड़ी संख्या में महिलाएं भी शामिल थीं। ग्रामीण महिलाओं शिला, गीता, पूनम, संतोष और मीना के अलावा रामरूप, बिजेंद्र, रामफल और बारू सहित अन्य ग्रामीणों ने बताया कि पिछले एक महीने से उनके नलों में एक बूंद भी पानी नहीं आया है। दूर-दराज से लाना पड़ रहा पानी ग्रामीणों ने बताया कि उन्हें मजबूरी में दूर-दराज के क्षेत्रों से पानी लाना पड़ रहा है। कई परिवार सुबह-शाम पानी के इंतजाम में ही लगे रहते हैं, जिससे उनके रोजमर्रा के कामकाज प्रभावित हो रहे हैं। छोटे बच्चों, बुजुर्गों और पशुओं को पानी पिलाना भी एक बड़ी समस्या बन गया है। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि विभाग को कई बार समस्या से अवगत कराया गया, लेकिन अब तक कोई स्थायी समाधान नहीं किया गया। बड़ा आंदोलन करने की चेतावनी ग्रामीणों ने चेतावनी दी कि यदि समस्या का स्थायी समाधान जल्द नहीं किया गया तो आने वाले दिनों में हालात और भी खराब हो सकते हैं। उन्होंने कहा कि वे बड़ा आंदोलन करने को मजबूर होंगे। सरपंच ने बताया—पुरानी पाइपलाइन से हो रही परेशानी गांव की सरपंच स्वाति देवी ने बताया कि जलघर से बूस्टिंग स्टेशन तक की पाइपलाइन काफी पुरानी और जर्जर हो चुकी है। कई बार इस लाइन की मरम्मत करवाई जा चुकी है, लेकिन एक जगह ठीक करने के बाद दूसरी जगह से पाइप फट जाती है, जिससे समस्या लगातार बनी हुई है। उन्होंने बताया कि गांव में जलघर के नवीनीकरण और पूरे गांव में नई पाइपलाइन बिछाने के लिए एस्टीमेट बनाकर भेजा जा चुका है। इसके लिए जन स्वास्थ्य मंत्री रणबीर गंगवा से मिलकर भी मांग रखी गई है। सरपंच ने कहा कि स्थायी समाधान होने तक गांव में पानी के टैंकरों की वैकल्पिक व्यवस्था की जा रही है। फिलहाल जहां-जहां पाइपलाइन में लीकेज है, वहां मरम्मत के लिए जन स्वास्थ्य विभाग के जेई से बात हुई है और जल्द ही लाइन को ठीक करवाने का प्रयास किया जा रहा है।
बड़वानी कलेक्टर ने गैस वितरकों को चेताया:कालाबाजारी रोकने और अफवाहों पर ध्यान न देने के निर्देश
बड़वानी कलेक्टर जयति सिंह ने जिले में गैस सिलेंडर की कालाबाजारी और अनियमित आपूर्ति को लेकर सख्त रुख अपनाया है। उन्होंने घरेलू एलपीजी गैस वितरकों के साथ बैठक कर आवश्यक निर्देश दिए, जिसमें उपभोक्ताओं को सामान्य और निर्धारित मूल्य पर गैस उपलब्ध कराने पर जोर दिया गया। दरअसल, युद्ध के कारण प्रदेश में कमर्शियल गैस की आपूर्ति प्रभावित हुई है, जिससे रेस्टोरेंट संचालक परेशान हैं। वहीं, आम उपभोक्ता भी घरेलू गैस की उपलब्धता को लेकर चिंतित हैं। जिले में गैस की कालाबाजारी और अधिक दाम पर बिक्री की अफवाहें भी फैल रही हैं, हालांकि अभी तक कोई मामला सामने नहीं आया है। कलेक्टर जयति सिंह ने वितरकों को स्पष्ट निर्देश दिए कि कहीं भी गैस की कमी न होने दी जाए और उपभोक्ताओं को तय कीमत पर ही सिलेंडर मिलें। उन्होंने चेतावनी दी कि कालाबाजारी या अधिक मूल्य पर गैस बेचने की शिकायत मिलने पर संबंधित एजेंसी के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। कलेक्टर ने सभी वितरकों को एलपीजी के भंडारण और वितरण से संबंधित पंजी नियमित रूप से संधारित करने तथा विभागीय अधिकारियों को उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। साथ ही, कमर्शियल एलपीजी की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए आपसी समन्वय बनाए रखने को भी कहा। इधर, जिला मुख्यालय में कई होटल, ढाबों और स्ट्रीट फूड स्टॉलों में कमर्शियल की जगह घरेलू गैस सिलेंडर के उपयोग की शिकायतें भी मिल रही हैं। प्रशासन ने इस पर लगाम लगाने के लिए ओटीपी आधारित डिजिटल बुकिंग और डिलीवरी सिस्टम को अनिवार्य किया है। अब सिलेंडर केवल वैध पंजीकृत उपभोक्ताओं को ही दिए जाएंगे। गैस एजेंसियों को अपने केंद्रों पर भीड़ और लंबी कतारें न लगने देने के निर्देश भी दिए गए हैं। वितरण प्रणाली को सुचारु बनाने के लिए यह भी तय किया गया है कि वर्तमान में 25 दिन के अंतराल के बाद ही नई गैस बुकिंग स्वीकार की जाएगी, ताकि सभी उपभोक्ताओं को समान रूप से गैस उपलब्ध हो सके।
छत्तीसगढ़ के सूरजपुर में गेहूं के खेत में हाथी का शव मिला है। करंट लगने से मौत की आशंका जताई जा रही है। वहीं, दो दिन पहले रायगढ़ में भी करंट से 2 हाथियों की मौत हो गई थी। इस तरह पिछले 3 दिन में 3 हाथियों की करंट से जान चली गई। वहीं, हाथियों की लगातार हो रही मौत पर युवा कांग्रेस ने चिंता जताई है। रायगढ़ में युवा कांग्रेस ने कलेक्ट्रेट पहुंचकर पूरे मामले की उच्चस्तरीय जांच और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। फिलहाल, वन विभाग पूरे मामले की जांच कर रहा है। पहली घटना: सूरजपुर में मिला गेहूं के खेत में हाथी का शव सूरजपुर जिले के ग्राम करंजवार में शुक्रवार सुबह गेहूं के खेत में हाथी का शव मिला है। हाथी की मौत करंट लगने से होने की आशंका जताई जा रही है। हालांकि अभी इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत का सही कारण स्पष्ट हो सकेगा। घटना प्रतापपुर वन परिक्षेत्र की है। जानकारी के मुताबिक, प्रतापपुर से लगे करंजवार गांव में ग्रामीणों ने सुबह खेत में करीब 15 साल के नर हाथी का शव देखा। यह हाथी पिछले तीन-चार दिनों से इलाके में घूम रहा था। हाथी की सूंड पर काले निशान भी मिले हैं। जिसके आधार पर करंट लगने की संभावना जताई जा रही है। ग्रामीणों की सूचना पर वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची और जांच शुरू की। पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट से होगा खुलासा हाथी की मौत की खबर मिलते ही सूरजपुर डीएफओ डीपी साहू और एसडीओ फॉरेस्ट संस्कृति बारले सहित अन्य अधिकारी मौके पर पहुंचे। एसडीओ संस्कृति बारले ने बताया कि अभी हाथी की मौत के कारणों की पुष्टि नहीं हुई है। आसपास करंट लगाने के कोई स्पष्ट निशान भी नहीं मिले हैं। उन्होंने बताया कि चिकित्सकों की टीम हाथी के शव का पोस्टमॉर्टम कर रही है। रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के असली कारणों का खुलासा हो सकेगा। जिस स्थान पर हाथी का शव मिला है, वहां खेतों की ऊंचाई भी ज्यादा नहीं है। दूसरी घटना: रायगढ़ में दो हाथियों की हुई थी मौत रायगढ़ जिले में 11 मार्च को 2 हाथियों की मौत हो गई। उनकी लाशें कुरकुट नदी में तैरती हुई मिलीं थी। जांच में पता चला कि, नदी में पंप लगाकर पानी खींचा जा रहा था। उसी दौरान लगाए गए करंट वाले तार की चपेट में आने से दोनों हाथियों की जान गई। दो आरोपियों को किया गया गिरफ्तार वन विभाग की जांच के बाद पाकादरहा निवासी धरम सिंह (38) और रामकुमार राठिया (55) को गिरफ्तार किया गया है। दोनों के खिलाफ वन्यजीव संरक्षण से जुड़े प्रावधानों के तहत कार्रवाई की जा रही है। वन अमला मामले की आगे जांच कर रहा है। युवा कांग्रेस ने की कार्रवाई की मांग हाथियों की लगातार हो रही मौत पर युवा कांग्रेस ने चिंता जताई है। गुरुवार को युवा कांग्रेस (ग्रामीण) जिलाध्यक्ष उस्मान बेग अपनी टीम के साथ कलेक्ट्रेट पहुंचे और कलेक्टर के नाम ज्ञापन सौंपा। उन्होंने पूरे मामले की उच्चस्तरीय जांच और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की। जंगल कटने से भटक रहे वन्यजीव युवा कांग्रेस के जिलाध्यक्ष उस्मान बेग ने कहा कि, जिले में तेजी से जंगलों की कटाई हो रही है और बड़े उद्योग, खदानें और औद्योगिक परियोजनाएं लगातार बढ़ रही हैं। इस वजह से हाथी जैसे बड़े वन्यजीव अपने प्राकृतिक आवास से भटककर गांवों और खेतों की ओर आने को मजबूर हो रहे हैं। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि वन्यजीवों की सुरक्षा के लिए ठोस कदम नहीं उठाए गए तो इस मुद्दे को लेकर बड़ा जन आंदोलन किया जाएगा। युवा कांग्रेस ने रखी 4 प्रमुख मांगें रायगढ़ वन मंडल में हाथियों की मौत पर एक नजर केस 1- पिछले डेढ़ साल पहले चुहकीमार नर्सरी में 11 केवी बिजली लाइन के संपर्क में आने से 3 हाथियों की करंट लगने से मौत हो गई। केस 2- करीब साल भर पहले घरघोड़ा रेंज के पानीखेत गांव के डेम के पास कीचड़ में फंसने से हाथी शावक की मौत हो गई थी। केस 3- तमनार क्षेत्र के केराखोल गांव में अवैध बिजली तार की चपेट में आने से एक दंतैल हाथी की मौत हो गई। केस 4- जनवरी में घरघोड़ा रेंज के कमतरा बीट क्षेत्र में पहाड़ी इलाके में दो चट्टानों के बीच फंस जाने से एक हाथी शावक की मौत हो गई थी। केस 5- लगभग 3 महीने पहले बंगुरसिया सर्किल के बड़झरिया तालाब में 1 हाथी शावक की डूबने से मौत हो गई थी। शावक अपने दल के साथ नहाने तालाब पहुंचा था, लेकिन वह बाहर नहीं निकल सका और उसकी मौत हो गई। केस 6- घरघोड़ा रेंज के कुरकुट नदी में 2 हाथियों का शव देखा गया। जांच में करंट से मौत होना पाए जाने के बाद 2 आरोपियों को पकड़ा गया।
रामपुर जिले में अलविदा जुमे की नमाज शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुई। ऐतिहासिक जामा मस्जिद सहित लगभग 1250 मस्जिदों में बड़ी संख्या में नमाजियों ने नमाज अदा की। प्रशासन और पुलिस की कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के कारण जिले में कहीं से भी किसी अप्रिय घटना की सूचना नहीं मिली। पुलिस अधीक्षक विद्यासागर मिश्र के निर्देश पर नमाज को शांतिपूर्ण संपन्न कराने के लिए विस्तृत सुरक्षा योजना बनाई गई थी। जिले को कई जोन और सेक्टर में विभाजित कर पुलिस बल तैनात किया गया। संवेदनशील स्थानों पर थाना प्रभारियों, इंस्पेक्टरों, उपनिरीक्षकों, सिपाहियों और होमगार्डों को विशेष रूप से तैनात किया गया था। सुबह से ही जामा मस्जिद समेत अन्य प्रमुख मस्जिदों के आसपास पुलिस की कड़ी निगरानी रही। मस्जिदों के प्रवेश द्वार, बाजारों, मुख्य चौराहों और भीड़भाड़ वाले क्षेत्रों में पुलिस बल तैनात था। कई स्थानों पर वरिष्ठ अधिकारी स्वयं मौके पर उपस्थित रहकर व्यवस्था का जायजा ले रहे थे। नमाज अदा करने के लिए बड़ी संख्या में नमाजी मस्जिदों में पहुंचे। उन्होंने अमन-चैन और तरक्की के लिए दुआएं मांगीं। नमाज संपन्न होने के बाद सभी नमाजी शांतिपूर्वक अपने-अपने घरों को लौट गए। पुलिस और प्रशासन की मुस्तैदी के कारण पूरे जिले में माहौल पूरी तरह शांतिपूर्ण बना रहा। सुरक्षा व्यवस्था में तैनात पुलिसकर्मी, होमगार्ड और अन्य अधिकारी पूरी सतर्कता के साथ अपनी ड्यूटी निभाते दिखे। नमाज शांतिपूर्वक संपन्न होने के बाद ड्यूटी पर तैनात पुलिसकर्मियों और अधिकारियों ने राहत महसूस की। पुलिस प्रशासन ने जनता से शांति और भाईचारा बनाए रखने की अपील भी की।
डीडवाना में 211 वाहनों के चालान कटे:पुलिस ने 3 घंटे की सघन नाकाबंदी में की कार्रवाई
डीडवाना में सड़क सुरक्षा और यातायात नियमों का पालन सुनिश्चित करने के लिए पुलिस प्रशासन ने सख्ती बढ़ा दी है। पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर जिलेभर में विशेष सघन नाकाबंदी अभियान चलाया गया, जिसमें नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहन चालकों के खिलाफ कार्रवाई की गई। इस अभियान के तहत पुलिस की विशेष टीमों ने जिले के प्रमुख चौराहों, राजमार्गों और संवेदनशील स्थानों पर नाकाबंदी की। संदिग्ध वाहनों की जांच की गई और यातायात नियमों की अनदेखी करने वाले चालकों के मौके पर ही चालान बनाए गए। यह अभियान महज तीन घंटे तक चला, जिसमें कुल 211 वाहन चालकों के चालान काटे गए। पुलिस द्वारा जारी आंकड़ों के अनुसार, 63 चालान बिना हेलमेट के लिए, 44 वाहनों से काली फिल्म हटवाई गई, 43 वाहन बिना नंबर प्लेट के पाए गए और 14 चालान बिना सीट बेल्ट के लिए किए गए। इसके अतिरिक्त, शराब पीकर वाहन चलाने वाले 2 चालकों के खिलाफ भी कार्रवाई की गई, जबकि अन्य उल्लंघनों के लिए 45 चालान बनाए गए। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि बिना नंबर प्लेट और काली फिल्म लगे वाहनों के खिलाफ कार्रवाई सुरक्षा की दृष्टि से महत्वपूर्ण है, क्योंकि ऐसे वाहनों का उपयोग अक्सर आपराधिक गतिविधियों में किया जाता है। हेलमेट और सीट बेल्ट को लेकर सख्ती का मुख्य उद्देश्य सड़क दुर्घटनाओं में होने वाली जनहानि को कम करना है। पुलिस ने आमजन से यातायात नियमों का पालन करने की अपील की है। उन्होंने कहा कि यह न केवल कानून का सम्मान है, बल्कि स्वयं और परिवार की सुरक्षा के लिए भी आवश्यक है। पुलिस ने यह भी स्पष्ट किया कि यह अभियान आगे भी जारी रहेगा।
चंडीगढ़ स्थित पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान के आवास का घेराव करने जा रही पंजाब की आशा वर्कर्स और चंडीगढ़ पुलिस के बीच शुक्रवार को पंजाब-चंडीगढ़ बॉर्डर पर झड़प हो गई। पुलिस ने आशा वर्कर्स को आगे बढ़ने से रोकने के लिए बैरिकेडिंग कर दी। जब प्रदर्शनकारी नारेबाजी करते हुए आगे बढ़ने लगीं तो स्थिति तनावपूर्ण हो गई और पुलिस को वॉटर कैनन का इस्तेमाल करना पड़ा। सुबह से ही पंजाब के विभिन्न जिलों से आशा वर्कर्स पंजाब-चंडीगढ़ सीमा पर जुटने लगी थीं। दोपहर तक हजारों की संख्या में आशा वर्कर्स मौके पर पहुंच गईं और अपनी मांगों को लेकर सरकार के खिलाफ नारेबाजी शुरू कर दी। नजरअंदाज की जा रही मांगें आशा वर्कर्स का कहना है कि उनकी मांगों को लंबे समय से नजरअंदाज किया जा रहा है। जबकि सीएम स्टेज पर तो बड़े-बड़े वादे करते हैं कि महिलाओं को किसी भी तरह की कमी नहीं आने दी जाएगी, लेकिन उनकी समस्याओं का कोई हल नहीं किया जा रहा है। इसी के विरोध में वे मुख्यमंत्री आवास का घेराव करने के लिए आगे बढ़ रही थीं। जब तक उनकी मांगें पूरी नहीं होंगी, उनका प्रदर्शन जारी रहेगा। पहले धक्का-मुक्की, फिर वॉटर कैनन जब प्रदर्शनकारी बैरिकेडिंग पार कर आगे बढ़ने लगीं तो पुलिस ने उन्हें रोक दिया। इस दौरान दोनों पक्षों के बीच धक्का-मुक्की भी हुई और माहौल कुछ देर के लिए तनावपूर्ण हो गया। स्थिति को काबू में रखने के लिए पुलिस ने वॉटर कैनन चलाया और प्रदर्शनकारियों को आगे बढ़ने से रोक दिया। प्रदर्शन कर रहीं आशा वर्कर्स ने चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगों को जल्द पूरा नहीं किया गया तो उनका आंदोलन और तेज किया जाएगा।
सीधी में स्कॉर्पियो ने दो मजदूरों को कुचला:सतना के थे दोनों मृतक, ग्रेनाइट लगाने का काम करते थे
सीधी शहर में गुरुवार की देर रात पटेल पुल के पास एक दर्दनाक हादसा हो गया। तेज रफ्तार स्कॉर्पियो ने दो मजदूरों को अपनी चपेट में ले लिया, जिससे दोनों की मौत हो गई। ये दोनों मजदूर सतना जिले के रहने वाले थे और सीधी में घरों और दुकानों में पत्थर (ग्रेनाइट) लगाने का काम करते थे। हादसा रात के करीब 2 बजे का बताया जा रहा है। दोनों मजदूर बस से उतरकर सड़क पार कर रहे थे, तभी काले रंग की एक स्कॉर्पियो काल बनकर आई और उन्हें जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि दोनों मजदूर सड़क पर ही लहूलुहान होकर गिर पड़े। टक्कर मारने के बाद ड्राइवर गाड़ी लेकर मौके से भाग निकला। स्थानीय लोगों ने तुरंत पुलिस को खबर दी, लेकिन जब तक उन्हें अस्पताल पहुंचाया गया, तब तक दोनों की जान जा चुकी थी। घंटों बाद हुई पहचान रात भर दोनों शवों की पहचान नहीं हो पाई थी। शुक्रवार दोपहर 3 बजे के करीब जब पुलिस ने जांच पड़ताल की, तब जाकर पता चला कि मृतकों के नाम बसंत यादव (40 वर्ष) और रामभुवन सिंह (65 वर्ष) हैं। दोनों सतना जिले के निवासी थे और रोजी-रोटी के चक्कर में सीधी आए हुए थे। सीसीटीवी फुटेज से खुला राज कोतवाली थाना प्रभारी अभिषेक उपाध्याय ने बताया कि पुलिस ने मामले की बारीकी से जांच शुरू कर दी है। घटनास्थल के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों को खंगाला गया, जिसमें एक काले रंग की स्कॉर्पियो संदिग्ध हालत में भागती हुई नजर आ रही है। पुलिस का कहना है कि गाड़ी की पहचान लगभग हो चुकी है और बहुत जल्द आरोपी ड्राइवर को गिरफ्तार कर लिया जाएगा। फिलहाल पुलिस ने केस दर्ज कर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है।
गीतावाटिका में गूंजा 'हरे कृष्ण' महामंत्र:श्रद्धा और भक्ति के साथ सम्पन्न हुआ सात दिवसीय संकीर्तन
हनुमानप्रसाद पोद्दार की 55वीं तिरोधान तिथि के पावन अवसर पर गीतावाटिका में आयोजित सात दिवसीय अखण्ड हरिनाम संकीर्तन का समापन शुक्रवार को अत्यंत श्रद्धा, भक्ति और आध्यात्मिक वातावरण के बीच सम्पन्न हुआ। अंतिम दिन बड़ी संख्या में श्रद्धालु, संत-महात्मा और भक्त उपस्थित होकर हरिनाम संकीर्तन में शामिल हुए और भाईजी को भावपूर्ण श्रद्धांजलि अर्पित की। विभिन्न स्थानों से आई संकीर्तन मण्डलियों और स्थानीय श्रद्धालुओं ने ढोल, मंजीरे और करताल की मधुर ध्वनि के साथ भगवान के पवित्र नामों का संकीर्तन किया। इस दौरान हरे कृष्ण महामंत्र सहित भगवान के विभिन्न नामों के सामूहिक गान से पूरा परिसर भक्तिमय माहौल और आध्यात्मिक ऊर्जा से भरा रहा। प्रभातफेरी में उमड़ा श्रद्धा का सैलाबतिरोधान तिथि के दिन सुबह भक्ति और श्रद्धा से परिपूर्ण प्रभात फेरी का आयोजन किया गया। जो भाईजी के पवित्र कमरे से शुरू होकर राधाकृष्ण साधना मंदिर की परिक्रमा करते हुए समाधि तक पहुंची। रास्ते में श्रद्धालु ढोल, मंजीरे और करताल के साथ हरिनाम का भव्य संकीर्तन करते हुए भक्ति में लीन दिखाई दिए, जिससे पूरा गीतावाटिका परिसर भक्तिमय वातावरण से गूंज उठा। समाधि स्थल पर भव्य आरती हुईइसके बाद समाधि स्थल पर पद-गायन और आरती सम्पन्न हुई तथा पूज्य श्रीभाईजी का श्रद्धार्चन किया गया। कार्यक्रम के अंतर्गत पूज्य बाबा की आरती और गिरिराज जी की परिक्रमा भी सम्पन्न हुई, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल हुए। अंत में अखण्ड हरिनाम संकीर्तन की पूर्णाहुति सम्पन्न हुई। उसके बाद श्रद्धालुओं को श्रीगिरिराज भोग का प्रसाद वितरित किया गया। इस अवसर पर उपस्थित भक्तों ने भाईजी की पावन स्मृतियों को नमन करते हुए भक्ति-भाव से हरिनाम संकीर्तन किया। पूरे कार्यक्रम के दौरान गीतावाटिका में आध्यात्मिक वातावरण बना रहा और दूर-दूर से आए श्रद्धालुओं ने इस दिव्य आयोजन में हिस्सा लेकर भक्ति रस का अनुभव किया।
बुलंदशहर में लोन सेटलमेंट के नाम पर डेढ़ लाख रुपये की ठगी का मामला सामने आया है। नगर कोतवाली क्षेत्र में हुई इस घटना में पीड़ित की शिकायत पर पुलिस ने दो आरोपियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। अमर माया कॉलोनी, चांदपुर रोड निवासी दीपक शर्मा ने पुलिस को दी तहरीर में बताया कि उनके पिता ने 15 जनवरी 2025 को एक फाइनेंस कंपनी से लगभग 17 लाख रुपये का लोन लिया था। इसमें से 16.48 लाख रुपये उनके खाते में आए थे और इसकी ईएमआई अभी भी कट रही है। आरोप है कि फाइनेंस कंपनी के कर्मचारी विपिन शर्मा, जो मंडी चौकी क्षेत्र का निवासी है, ने दीपक शर्मा के पिता का लोन पांच लाख रुपये में सेटल कराने का झांसा दिया। इस एवज में उसने 18 जनवरी 2025 को पीड़ित से 1.5 लाख रुपये का चेक ले लिया। बताया गया कि आरोपी विपिन शर्मा ने यह चेक अपने साथी भरत भूषण के खाते में जमा करा दिया। पीड़ित का आरोप है कि रुपये लेने के बाद आरोपी करीब चार-पांच महीने तक उन्हें गुमराह करता रहा और लोन सेटलमेंट जल्द कराने का आश्वासन देता रहा। बाद में जब पीड़ित ने सेटलमेंट न होने पर अपने रुपये वापस मांगे, तो आरोपी ने पैसे देने से इनकार कर दिया और उन्हें जान से मारने की धमकी दी। पीड़ित ने बताया कि उन्होंने इस मामले की शिकायत पहले भी पुलिस अधिकारियों से की थी, लेकिन तब कोई कार्रवाई नहीं हुई थी। अब दोबारा तहरीर देने के बाद पुलिस ने दोनों आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
संतकबीर नगर में स्कूली बच्चों से भरी टैक्सी पलटी:तीन बच्चे और चालक घायल, BSA और BEO अस्पताल पहुंचे
संतकबीरनगर जिले के मेंहदावल में शुक्रवार को चिरैयाडांड़ के पास स्कूली बच्चों को ले जा रही एक टैक्सी पलट गई। इस हादसे में पीएम श्री विद्यालय जमोहरा के तीन बच्चे और टैक्सी चालक घायल हो गए। ये बच्चे जनपदीय क्रीड़ा प्रतियोगिता में भाग लेने जा रहे थे। जानकारी के अनुसार, चिरैयाडांड़ में टैक्सी एक दोपहिया वाहन को बचाने के प्रयास में अनियंत्रित होकर पलट गई। हादसे में घायल हुए बच्चों और चालक को चोटें आई हैं, जबकि टैक्सी में सवार अन्य सभी बच्चे पूरी तरह सुरक्षित बताए गए हैं। पीएम श्री विद्यालय जमोहरा के प्रभारी प्रधानाध्यापक संजय गांधी ने बताया कि जनपद स्तरीय क्रीड़ा प्रतियोगिता के लिए बच्चों को एक टैक्सी से भेजा गया था, जिसके साथ विद्यालय के शिक्षक अनुपम भी मौजूद थे। दुर्घटना की सूचना मिलते ही बीईओ महेंद्रनाथ त्रिपाठी के साथ वे तुरंत मौके पर पहुंचे और घायल बच्चों को इलाज के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) पहुंचाया। हादसे की जानकारी मिलने पर बेसिक शिक्षा अधिकारी (बीएसए) अमित कुमार सिंह और बीईओ ज्ञानचंद्र मिश्र भी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचे। उन्होंने घायल बच्चों का हालचाल पूछा और उनके समुचित इलाज का निर्देश दिया। सभी घायल बच्चों का उपचार कराने के बाद उन्हें सुरक्षित उनके माता-पिता के पास पहुंचाया गया।
मेरठ में एलपीजी की किल्लत के बीच रेस्टोरेंट्स, होटलों के किचन बंद होना शुरू हो गए हैं। होटल संचालक घरों से खाना बनवाकर ला रहे हैं। जिसे रेस्टोरेंट्स में सप्लाय किया जा रहा है।मेरठ में खासतौर से कम्युनिटी किचन और छोटे रेस्टोरेंट में यही हालात हैं। होटलों के पास गैस न होने के कारण अब घरों से खाना बनाकर सप्लाय किया जा रहा है। शहर के कई इलाकों जैसे बेगमबाग, पीएल शर्मा रोड़, गंगानगर, तेजगढ़ी में बड़ी संख्या में छात्र कोचिंग और प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिए रहते हैं। इनके लिए हॉस्टल और कोचिंग सेंटरों के आसपास छोटे-छोटे रसोईघर और टिफिन सेंटर संचालित होते हैं, जहां रोजाना सैकड़ों छात्र खाना खाते हैं। लेकिन पिछले कुछ दिनों से गैस सिलेंडर की किल्लत के कारण इन रसोईघरों में भोजन तैयार करना कठिन हो गया है। इस समस्या से निपटने के लिए कई संचालकों ने नया तरीका अपनाया है। अब वे अपने घरों या अन्य स्थानों पर भोजन तैयार करवाकर रसोईघरों तक पहुंचा रहे हैं और वहीं छात्रों को परोस रहे हैं। इससे छात्रों को समय पर भोजन मिल रहा है और रसोईघर भी बंद नहीं करने पड़ रहे। घर पर है गेल गैस का कनेक्शन पीएल शर्मा रोड पर वैदेही रसोई के नाम से होटल चलाने वाले रिषभ ने बताया कि सिलेंडर की कमी के चलते यहां की रसोई बंद हो गई है। घर पर गैस का कनेक्शन है जिस से अब खाना तैयार कर ई- रिक्शा में रख कर होटल में लाते हैं और बच्चों को खाना देते हैं। बंद नहीं कर सकते होटल उन्होंने बताया कि घरों से बाहर रहकर पढ़ाई करने वाले बच्चे ही ज्यादातर हमारे यहां खाना खाते हैं। ऐसे में अचानक से उनको खाना मना करने से उनको भी समस्या हो जाएगी।
भिंड शहर के गांधी नगर क्षेत्र में हो रही एक नाबालिग लड़की की शादी को महिला एवं बाल विकास विभाग की टीम ने मौके पर पहुंचकर रुकवा दिया। टीम ने हल्दी-मेहंदी का कार्यक्रम बंद कराते हुए लड़की को अपने संरक्षण में लेकर वन स्टॉप सेंटर भेज दिया। फिलहाल मामले में उम्र संबंधी दस्तावेजों की जांच और कानूनी कार्रवाई की प्रक्रिया जारी है। शहर में बाल विवाह की सूचना मिलने पर महिला एवं बाल विकास विभाग की टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए एक नाबालिग लड़की की शादी रुकवा दी। जानकारी के अनुसार जिले के ऐंहतार क्षेत्र की रहने वाली करीब 14 वर्षीय लड़की की शादी शहर के वार्ड क्रमांक 7 गांधी नगर में की जा रही थी। शिकायत मिलने के बाद विभाग की टीम सबसे पहले बांके बिहारी गार्डन पहुंची, जहां शादी की तैयारियां चल रही थीं, लेकिन लड़की और उसके परिजन वहां मौजूद नहीं मिले। इसके बाद मिली जानकारी के आधार पर टीम गांधी नगर स्थित एक किराए के मकान पर पहुंची, जहां लड़की और उसके परिजन मिले। यहां हल्दी-मेहंदी का कार्यक्रम चल रहा था और शादी की तैयारियां की जा रही थीं। महिला एवं बाल विकास विभाग की टीम के साथ तहसीलदार रणजीत कुशवाह भी मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने तत्काल कार्यक्रम रुकवाते हुए शादी की तैयारियां बंद कराईं। इसके बाद लड़की की उम्र से संबंधित दस्तावेज मांगे गए, लेकिन परिजन कोई भी प्रमाण प्रस्तुत नहीं कर सके। स्थिति को देखते हुए टीम नाबालिग लड़की को अपने साथ लेकर वन स्टॉप सेंटर पहुंची, जहां आवश्यक कागजी कार्रवाई की गई। मामले में जानकारी देते हुए प्रभारी परियोजना अधिकारी सुलक्षणा चौरसिया ने बताया कि शिकायत के आधार पर टीम मौके पर पहुंची थी। जांच के दौरान लड़की की शादी कराए जाने की पुष्टि हुई, जिसे तत्काल रुकवा दिया गया। उन्होंने बताया कि लड़की की उम्र की पुष्टि मेडिकल जांच के आधार पर की जाएगी और मामले में नियमानुसार आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।
देवघर नगर निगम के डिप्टी मेयर का शुक्रवार को चुनाव किया गया। वार्ड संख्या 5 की पार्षद टिप चटर्जी ने 21 मत प्राप्त कर उपमहापौर का पद जीत लिया। वार्ड संख्या 22 के अर्पण झा दूसरे स्थान पर रहे। इससे पूर्व नवनिर्वाचित मेयर रवि राउत और 36 वार्ड पार्षदों ने शपथ ग्रहण किया। यह समारोह विकास भवन के सभागार में आयोजित किया गया। संथाल परगना के कमिश्नर संजय कुमार ने मेयर रवि राउत को पद एवं गोपनीयता की शपथ दिलाई। इसके बाद सभी 36 वार्ड पार्षदों को भी क्रमवार शपथ दिलाई गई। मेयर ने समग्र विकास को अपनी पहली प्राथमिकता बतायाशपथ ग्रहण के बाद मेयर रवि राउत ने देवघर नगर निगम क्षेत्र के समग्र विकास को अपनी पहली प्राथमिकता बताया। उन्होंने कहा कि शहर में स्वच्छता व्यवस्था में सुधार, पेयजल समस्या का समाधान, सड़कों की मरम्मत और अन्य बुनियादी सुविधाओं को मजबूत करना निगम की प्रमुख जिम्मेदारियां होंगी। मेयर ने इन कार्यों के लिए सभी वार्ड पार्षदों के साथ समन्वय स्थापित कर काम करने की बात कही। शपथ ग्रहण प्रक्रिया पूरी होने के तुरंत बाद उपमेयर पद के लिए चुनाव कराया गया। शपथ ग्रहण समारोह में प्रशासनिक अधिकारी, जनप्रतिनिधि, विभिन्न राजनीतिक दलों के नेता और बड़ी संख्या में समर्थक उपस्थित रहे। कार्यक्रम के दौरान सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए थे। पुलिस बल की तैनाती के बीच समारोह शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुआ।
कुरुक्षेत्र जिले के लाडवा में बुजुर्ग किसान को लिफ्ट देकर एक लाख रुपए चुराने के दूसरे आरोपी को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। आरोपी की पहचान साहब सिंह उर्फ अरुण निवासी जोडियां जिला यमुनानगर के रूप में हुई। आरोपी के कब्जे से चुराए गए रुपए में से 60 हजार रुपए बरामद हुए। थाना लाडवा में 9 मार्च को बलबीर सिंह पिवासी गिलौर जिला यमुनानगर ने बताया था कि वह खेती-बाड़ी करता है। वह 9 मार्च को अपने घर से लाडवा बैंक से पैसे निकालने के लिए आया था। यहां से उसने बैंक से एक लाख रुपए निकाल कर अपनी जेब में रख लिए थे। इसके बाद अपने काम के लिए लाडवा मार्केट में जाने लगा। रास्ता पूछने के बहाने आएइसी दौरान इंद्री चौक के पास बाइक पर 2 युवक उसके पास आए और उससे मथाना जाने का रास्ता पूछने लगे। उसने उनको मथाना का रास्ता बता दिया। रास्ता बताने के बाद उन्होंने उसे भी लिफ्ट देने की बात कही। विश्वास करके वह उन युवकों के साथ बाइक पर बैठ गया। उन्होंने उसे रामकुण्डी चौक पर उतार दिया। जेब से पैसे लेकर फरार रास्ते में उन्होंने उसकी जेब से एक लाख रुपए निकाल लिए और लेकर फरार हो गए। कुछ देर बाद उसने अपनी जेब चेक की, तो जेब से पैसे गायब थे। शिकायत पर पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच सीआईए-1 ने करते हुए 10 मार्च को आरोपी सूरज को गिरफ्तार कर कब्जे से 40 हजार रुपए और बाइक बरामद की। अब उसकी निशानदेही पर उसके दोस्त अरुण को काबू किया। यूपी और यमुनागर में केस दर्ज सीआईए-1 के इंचार्ज जसबीर सिंह ने बताया कि आरोपी सूरज के खिलाफ NDPS, ARMS एक्ट और चोरी के यूपी और यमुनानगर में 5 केस दर्ज है। दूसरा आरोपी अरुण उसका दोस्त है। उसके खिलाफ भी कई मामले दर्ज हैं। दोनों नशेड़ी है और नशा खरीदने के लिए चोरी की वारदात को अंजाम दिया था। दोनों को कोर्ट के ऑर्डर से जेल भेज दिया है।
गणगौर पर्व पर चंद्र गौरजा कार्यक्रम का आयोजन:महिलाओं ने बनौरा निकाला, किया पूजन व लोक नृत्य
चूरू में गणगौर पर्व के अवसर पर 'चंद्र गौरजा' कार्यक्रम का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम लोक संस्कृति शोध संस्थान नगर श्री और युक्ति सामाजिक शोध संस्थान के संयुक्त तत्वावधान में संपन्न हुआ। निशा अजमेरा ने कार्यक्रम की अध्यक्षता की। कार्यक्रम का शुभारंभ गणगौर और ईसर की स्थापना और पूजन के साथ हुआ। इसके बाद महिलाओं ने बनौरा निकाला। डॉ. निर्मला सैनी, सरिता शर्मा और विजयलक्ष्मी शर्मा ने पारंपरिक गणगौर गीत जैसे 'म्हे ईसर थारी साली हां' और 'बाड़ी वाला बाड़ी खोल' प्रस्तुत किए। कार्यक्रम संयोजक डॉ. सरोज हारित ने स्वागत भाषण दिया, जबकि कार्यक्रम प्रभारी दीपा गौतम ने प्रतियोगिताओं के नियमों की जानकारी दी। मुख्य अतिथि डॉ. तमन्ना शर्मा ने इस प्रकार के आयोजनों को गौरवशाली लोक संस्कृति के संरक्षण में सहायक बताया। उन्होंने कहा कि लोकगीत और लोक नृत्य नारी अभिव्यक्ति का सबसे सशक्त माध्यम हैं। कार्यक्रम में लोक नृत्य और बणी ठणी प्रतियोगिताएं भी आयोजित की गईं। लोक नृत्य प्रतियोगिता में सपना मीणा ने प्रथम, रुचिका पीपलवा ने द्वितीय और मोना शर्मा ने तृतीय स्थान प्राप्त किया। बणी ठणी प्रतियोगिता में राखी व्यास को 'बणी ठणी सम्मान' से सम्मानित किया गया। प्रतियोगिताओं में नीलम वर्मा, उमा वशिष्ठ और अंकिता कोकचा ने निर्णायक की भूमिका निभाई। अध्यक्षता कर रहीं निशा अजमेरा ने कहा कि ऐसे आयोजन महिलाओं को अपनी प्रतिभा और भावनाओं को व्यक्त करने का अवसर प्रदान करते हैं। संस्थान की रूपा मजूमदार, ऊषा सोनी, मुन्नी डागा और पूजा सोनी ने अतिथियों का स्वागत किया। नगरश्री के सचिव श्यामसुंदर शर्मा और युक्ति संस्थान की सचिव राजकौर राहड़ ने विजेताओं को स्मृति चिन्ह भेंट किए। इस अवसर पर डॉ. ट्विंकल शर्मा, उर्मिला चाहर, अंजू नेहरा, शोभा सोनी, निहारिका शर्मा, अर्चना ओझा, मोनिका तिवाड़ी, किरण कोठारी, अनीता सोनी, निशा जांगिड़, मंजू कंवर, अनीता सोनी और संतोष अग्रवाल सहित अनेक गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे। कार्यक्रम का संचालन डॉ. पूजा प्रजापत ने किया।
भोपाल के शासकीय महारानी लक्ष्मीबाई कन्या स्नातकोत्तर (स्वशासी) महाविद्यालय में आज से “विकसित भारत @ 2047: संस्कृति, ज्ञान तथा सततता पर अंतरविषयी दृष्टिकोण” विषय पर दो दिवसीय राष्ट्रीय संगोष्ठी शुरू हो गई। पहले दिन विशेष अंतरविषयी प्रदर्शनी लगाई गई है। जबकि शनिवार को देशभर के प्राध्यापक, शोधार्थी और विद्यार्थी भाग लेकर विकसित भारत की संकल्पना पर विचार साझा करेंगे। प्रदर्शनी इस कार्यक्रम का विशेष आकर्षण है। इसमें इतिहास विभाग द्वारा डॉ. आरसी ठाकुर के संग्रह से प्राचीन सिक्कों की दुर्लभ प्रदर्शनी लगाई गई है, जिसमें विक्रमादित्य काल के सिक्के, उज्जैन के महाकाल से जुड़े सिक्के और विभिन्न कालखंडों की दुर्लभ मुद्राएं प्रदर्शित की जा रही हैं। इसके अलावा पद्मश्री डॉ. नारायण व्यास के निजी संग्रह से प्राचीन औजार, पंचांग, डाक टिकट और अन्य पुरावस्तुएं भी प्रदर्शित की जा रही हैं, जिससे विद्यार्थियों और आगंतुकों को भारत की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत से रूबरू होने का अवसर मिल रहा है। प्राचीन सिक्कों और पुरावस्तुओं की विशेष प्रदर्शनीसंगोष्ठी के साथ आयोजित अंतरविषयी प्रदर्शनी कार्यक्रम का प्रमुख आकर्षण होगी। इतिहास विभाग द्वारा डॉ. आरसी ठाकुर के संग्रह से प्राचीन सिक्कों की प्रदर्शनी लगाई जाएगी। जिसमें पृथ्वीराज चौहान, विक्रमादित्य के काल के सिक्कों से लेकर प्रचीन काल की मुद्रा तक शामिल हैं। इसमें विशेष रूप से विक्रमादित्य काल के सिक्के, उज्जैन के महाकाल मंदिर से जुड़े सिक्के और विभिन्न कालखंडों की दुर्लभ मुद्राओं को प्रदर्शित किया जा रहा है। इसके अलावा पद्मश्री डॉ. नारायण व्यास के निजी संग्रह से प्राचीन औजार, पंचांग, डाक टिकट और अन्य ऐतिहासिक वस्तुएं भी प्रदर्शित की जा रही हैं, जिससे विद्यार्थियों को भारतीय इतिहास और संस्कृति की विविध झलक देखने को मिल रही है। संगोष्ठी में शामिल होंगे कई प्रमुख वक्तादो दिवसीय राष्ट्रीय संगोष्ठी में सेवानिवृत्त आईएएस अधिकारी आरआर रश्मि मुख्य वक्ता के रूप में अपने विचार रखेंगे। कार्यक्रम में मध्यप्रदेश चुनाव आयोग के आयुक्त मनोज श्रीवास्तव और वरिष्ठ साहित्यकार उदयन वाजपेई भी प्रबुद्ध वक्ता के रूप में उपस्थित रहेंगे। संगोष्ठी की अध्यक्षता पद्मश्री डॉ. नारायण व्यास करेंगे। इस अवसर पर भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण (ASI) के सुपरिटेंडिंग आर्कियोलॉजिस्ट डॉ. मनोज कुमार कुर्मी, जनजातीय संग्रहालय भोपाल के निदेशक डॉ. धर्मेंद्र पारे और दत्तोपंत ठेंगड़ी संस्थान के डॉ. मुकेश मिश्रा भी विशिष्ट अतिथि के रूप में मौजूद रहेंगे। विभिन्न विभागों की रचनात्मक प्रस्तुतियांमहाविद्यालय के कई विभाग इस प्रदर्शनी में अपनी विषयवस्तु से जुड़े आकर्षक प्रदर्शन प्रस्तुत कर रहे हैं। ड्रॉइंग एवं पेंटिंग विभाग द्वारा गोंड कला और लोककला पर आधारित चित्रों की प्रदर्शनी लगाई गई है। रसायन विज्ञान विभाग गुलाब जल और लौंग से तेल निकालने की प्रक्रिया का लाइव प्रदर्शन कर रहा है। वाणिज्य विभाग “शार्क टैंक : थिंक अबाउट द बिजनेस” विषय पर नवाचार और व्यवसायिक विचारों से जुड़ी गतिविधि आयोजित करेगा। विज्ञान संकाय के बॉटनी विभाग द्वारा प्राकृतिक रंग बनाने की प्रक्रिया का प्रदर्शन किया जाएगा, जबकि समाज शास्त्र विभाग मध्यप्रदेश की गोंड जनजाति की सांस्कृतिक यात्रा को प्रदर्शित करेगा। विद्यार्थियों के लिए ज्ञानवर्धक अवसरआयोजन का उद्देश्य भारत के विकास, सांस्कृतिक विरासत और सतत विकास के बीच के संबंध को रेखांकित करना है। आयोजकों का मानना है कि इस तरह के कार्यक्रम विद्यार्थियों को अतीत की विरासत से जोड़ते हुए भविष्य की दिशा में सोचने के लिए प्रेरित करते हैं। कार्यक्रम के संरक्षक महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. अजय अग्रवाल हैं। संगोष्ठी की संयोजक डॉ. सीमा रायजादा, आयोजन सचिव डॉ. अमिता सिंह, समन्वयक डॉ. दीपा एस. कुमार और सह-समन्वयक डॉ. सुधीर कुमार शर्मा हैं। इतिहास विभाग की प्रदर्शनी में डॉ. आरके अग्रवाल, डॉ. कविता मालवीय और डॉ. शालिनी सिंह का विशेष सहयोग रहेगा।
शहर में एलपीजी गैस सिलेंडर की किल्लत का असर अब लोगों की सुबह की थाली पर भी दिखने लगा है। सिलेंडर आसानी से नहीं मिलने और महंगे दामों पर मिलने के कारण शहर में बेड़ेई-कचोरी समोसा और चाय जैसे नाश्ते के दाम बढ़ा दिए गए हैं। वही रेस्टोरेंट्स और कैफे संचालकों काकहना है कि जिसमें ज्यादा गैस खर्च होती है वह फूड आइटम्स बंद करने पड़े हैं । शहर के कई इलाकों में ₹5 की चाय को बढ़ाकर ₹10 कर दिया गया है। कुछ चाय स्टॉल संचालकों ने ₹5 वाली चाय बनाना ही बंद कर दिया है और अब सिर्फ ₹10 वाली चाय ही बेची जा रही है। वहीं कई दुकानदारों द्वारा पहले ₹10 में मिलने वाली बेड़ई, प्याज कचोरी और समोसा अब करीब ₹14 में बेचे जा रहे हैं। कुछ मिठाइयों के दाम भी बढ़ाए गए हैं। स्टॉल संचालकों का कहना है कि सिलेंडर 3 से 3.5 हजार रुपए तक में बड़ी मुश्किल से मिल रहा है। एक चाय स्टॉल संचालक ने बताया कि सिलेंडर नहीं मिलने से काफी परेशानी हो रही है। वह घर के सिलेंडर से रोज थोड़ा-थोड़ा गैस लाकर काम चला रहे हैं और घर पर इंडक्शन चूल्हे पर खाना बना रहे हैं। उनका कहना है कि अगर यही स्थिति रही तो स्टॉल बंद करने की नौबत आ सकती है। उधर ढाबा और रेस्टोरेंट संचालकों ने भी बताया कि गैस की कमी के कारण सुबह बनने वाले नाश्ते में कटौती करनी पड़ रही है। जिन आइटम में गैस ज्यादा खर्च होती है, जैसे आलू पराठा, कढ़ी और बड़े, उन्हें कई जगह बनाना बंद कर दिया गया है या सीमित मात्रा में ही तैयार किया जा रहा है। उनका कहना है कि सिलेंडर आसानी से न मिलने के कारण यह स्थिति बनी हुई है।
जौनपुर में अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर उत्तर प्रदेश राज्य महिला आयोग की सदस्य गीता बिन्द ने शुक्रवार को निरीक्षण भवन में महिला उत्पीड़न से संबंधित जनसुनवाई का आयोजन किया। इस दौरान कुल 7 शिकायतें प्राप्त हुईं, जिन्हें संबंधित अधिकारियों को आवश्यक कार्यवाही के लिए भेज दिया गया। जनसुनवाई के दौरान मड़ियाहूं क्षेत्र के एक गांव की युवती ने महिला आयोग की सदस्य गीता बिन्द को प्रार्थना पत्र देकर बताया कि गांव के कुछ युवक उसे परेशान करते हैं। शिकायत करने पर वे छेड़खानी और जान से मारने की धमकी देते हैं। इस पर आयोग की सदस्य ने संबंधित अधिकारी को कड़ी कार्रवाई करने का निर्देश दिया। जनसुनवाई में जिलाधिकारी, जौनपुर की ओर से नामित उप जिलाधिकारी न्यायिक, मड़ियाहूं, शिल्पी अयरन भी उपस्थित थीं। समीक्षा बैठक में उपमुख्य चिकित्साधिकारी अरुण कुमार यादव, जिला प्रोबेशन अधिकारी विजय कुमार पाण्डेय, सहायक श्रमायुक्त देवव्रत यादव, जिला समन्वयक, बालिका शिक्षा शोभा तिवारी, बाल विकास परियोजना अधिकारी नगर अभिषेक द्विवेदी और बाल संरक्षण अधिकारी चंदन राय सहित अन्य अधिकारियों ने भी भाग लिया।
बूंदी में जिला कलेक्टर अक्षय गोदारा की अध्यक्षता में राजस्व अधिकारियों की बैठक शुक्रवार को आयोजित की गई। बैठक में कलेक्टर ने राजस्व वसूली के लक्ष्यों को पूरा करने और लंबित राजस्व मामलों के शीघ्र निस्तारण के निर्देश दिए। कलेक्टर गोदारा ने सभी उपखंड अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे अपने-अपने क्षेत्रों में राजस्व वसूली के लक्ष्यों को इसी माह में प्राप्त करना सुनिश्चित करें। उन्होंने बकाया राजस्व वसूली में तेजी लाने पर जोर दिया। राजस्व मामलों के निस्तारण की समीक्षा करते हुए कलेक्टर ने प्रकरणों के निपटारे में प्रगति लाने के निर्देश दिए। उन्होंने विशेष रूप से इजराय और पत्थर गढ़ी से संबंधित मामलों के निस्तारण में तेजी लाने को कहा। इसके अतिरिक्त, भूमि अधिग्रहण से संबंधित लंबित मुआवजे के मामलों का शीघ्र निस्तारण करने के निर्देश दिए गए। कलेक्टर ने राजस्थान संपर्क पोर्टल पर लंबित प्रकरणों को प्राथमिकता के साथ त्वरित रूप से निपटाने पर भी जोर दिया। बैठक में अतिरिक्त जिला कलेक्टर रामकिशोर मीणा, समस्त उपखंड अधिकारी, तहसीलदार और विभिन्न विभागों के अन्य अधिकारी मौजूद रहे।
प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना की 22वीं किस्त 13 मार्च, शुक्रवार को शाम 5 बजे के बाद देशभर के किसानों के बैंक खातों में सीधे भेजी जाएगी। इस बार देश के 9 करोड़ 32 लाख से अधिक किसानों को कुल 18,640 करोड़ रुपये से अधिक की राशि हस्तांतरित की जाएगी। इस योजना के तहत किसानों को सालाना तीन किस्तों में आर्थिक सहायता प्रदान की जाती है। प्रत्येक किस्त में दो-दो हजार रुपये सीधे किसानों के खातों में भेजे जाते हैं। इसका मुख्य उद्देश्य किसानों की आय बढ़ाना और उन्हें खेती से जुड़ी जरूरतों को पूरा करने में आर्थिक मदद देना है। सिद्धार्थनगर जनपद में भी बड़ी संख्या में किसानों को इस योजना का लाभ मिलेगा। जनपद के 3,15,055 किसानों के खातों में इस किस्त के तहत कुल 63 करोड़ 1 लाख 10 हजार रुपये भेजे जाएंगे। यह राशि सीधे लाभार्थी किसानों के बैंक खातों में डीबीटी (डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर) के माध्यम से ट्रांसफर की जाएगी। यह राशि किसानों के लिए बीज, खाद, कीटनाशक और अन्य कृषि आवश्यकताओं को पूरा करने में उपयोगी साबित होगी। सरकार का मानना है कि इस सहायता से किसानों को खेती की लागत में राहत मिलेगी और उनकी आर्थिक स्थिति मजबूत होगी। प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना देश की प्रमुख किसान कल्याण योजनाओं में से एक है। इसके माध्यम से छोटे और सीमांत किसानों को नियमित आर्थिक सहायता मिलती है, जिससे उनकी आय बढ़ाने और कृषि क्षेत्र को मजबूत बनाने में मदद मिलती है। जनपद के किसानों में इस योजना की 22वीं किस्त को लेकर उत्साह देखा जा रहा है। शुक्रवार, 13 मार्च की शाम 5 बजे के बाद से उनके खातों में राशि पहुंचना शुरू हो जाएगी, जिससे सिद्धार्थनगर के किसानों को सीधा लाभ मिलेगा और वे अपनी कृषि संबंधी जरूरतें पूरी कर सकेंगे।
मध्यप्रदेश सरकार ने प्रदेश के मेडिकल कॉलेजों में कार्यरत जूनियर डॉक्टरों के स्टाइपेंड में वृद्धि का आदेश जारी कर दिया है। स्वास्थ्य मंत्री राजेंद्र शुक्ल के निर्देश के बाद चिकित्सा शिक्षा विभाग ने यह संशोधन जारी किया, जो 1 अप्रैल 2025 से प्रभावी होगा। सरकार ने उपभोक्ता मूल्य सूचकांक (सीपीआई) के आधार पर स्टाइपेंड में बढ़ोतरी की है। इस निर्णय से प्रदेश के शासकीय मेडिकल कॉलेजों में अध्ययनरत पीजी छात्र, इंटर्न, सीनियर और जूनियर रेजिडेंट डॉक्टरों को सीधा लाभ मिलेगा। हाल ही में स्टाइपेंड संशोधन को लेकर चल रही जूनियर डॉक्टरों की हड़ताल के बाद सरकार के इस फैसले को महत्वपूर्ण माना जा रहा है। उप मुख्यमंत्री बोले- जूनियर डॉक्टर स्वास्थ्य व्यवस्था की अहम कड़ी उप मुख्यमंत्री राजेंद्र शुक्ल ने कहा कि जूनियर डॉक्टर प्रदेश की स्वास्थ्य व्यवस्था की एक महत्वपूर्ण कड़ी हैं। मेडिकल कॉलेजों और उनसे संबद्ध अस्पतालों में वे न केवल अपने चिकित्सा प्रशिक्षण को पूरा करते हैं, बल्कि मरीजों को निरंतर स्वास्थ्य सेवाएं देने में भी अहम भूमिका निभाते हैं। राज्य सरकार चिकित्सा शिक्षा की गुणवत्ता को मजबूत बनाने और स्वास्थ्य सेवाओं को अधिक प्रभावी एवं जनोन्मुख बनाने के लिए लगातार प्रयास कर रही है। सरकार को विश्वास है कि जूनियर डॉक्टर पूरी प्रतिबद्धता के साथ स्वास्थ्य सेवाओं को और सुदृढ़ बनाने में योगदान देंगे। सीपीआई के आधार पर बढ़ाया गया स्टाइपेंड हड़ताल के बाद आया निर्णय स्टाइपेंड संशोधन को लेकर प्रदेशभर के जूनियर डॉक्टरों में लंबे समय से नाराजगी थी। जूनियर डॉक्टर्स एसोसिएशन (जेडीए) के नेतृत्व में रेजिडेंट डॉक्टर, सीनियर रेजिडेंट और इंटर्न ने विरोध प्रदर्शन शुरू किया था। 9 मार्च को सुबह 9 बजे से जूनियर डॉक्टरों ने हड़ताल की, जो शाम 5 बजे तक जारी रही। बाद में उप मुख्यमंत्री राजेंद्र शुक्ल और चिकित्सा शिक्षा आयुक्त के साथ हुई संयुक्त बैठक के बाद जेडीए ने हड़ताल को 16 मार्च तक के लिए स्थगित करने का निर्णय लिया। जेडीए ने अपने आधिकारिक बयान में कहा कि बैठक में डॉक्टरों की लंबित मांगों पर विस्तृत चर्चा हुई है और सकारात्मक समाधान का आश्वासन दिया गया है। हड़ताल से अस्पताल सेवाएं हुईं थी प्रभावित जूनियर डॉक्टरों की हड़ताल का असर भोपाल के गांधी मेडिकल कॉलेज और हमीदिया अस्पताल सहित कई अस्पतालों में देखने को मिला। गांधी मेडिकल कॉलेज के स्त्री रोग विभाग में पीपीटीसीटी काउंसलिंग एंड टेस्टिंग सेंटर, फर्टिलिटी क्लिनिक और एएनसी रूम की सेवाएं प्रभावित रहीं। सामान्य मरीजों को इलाज के लिए लंबे समय तक इंतजार करना पड़ा था। हड़ताल का सबसे बड़ा असर सर्जरी सेवाओं पर पड़ा था। हमीदिया अस्पताल के आंकड़ों के अनुसार, 9 मार्च को 20 से अधिक ऑपरेशन टालने पड़े थे। काली पट्टी लगाकर कर रहे थे विरोध जूनियर डॉक्टरों ने 6 से 9 मार्च तक पिछले तीन दिनों से काली पट्टी लगाकर शांतिपूर्ण विरोध प्रदर्शन किया। उन्होंने प्रदेश के सभी मेडिकल कॉलेजों में डीन और विभागाध्यक्षों को ज्ञापन भी सौंपा था। डॉक्टर्स ने स्पष्ट किया कि आपातकालीन सेवाएं पहले की तरह जारी रखी गईं, ताकि गंभीर मरीजों को किसी तरह की परेशानी न हो। हालांकि ओपीडी और अन्य नियमित सेवाओं का बहिष्कार किया गया था।
बैतूल बाजार थाना पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए एक बुजुर्ग मजदूर के जेब से गिरे 17 हजार रुपये बरामद किए। पुलिस ने 13 सीसीटीवी कैमरों की जांच कर यह राशि बुजुर्ग को वापस दिलवाई। इस कार्रवाई से बुजुर्ग और उसके परिवार ने राहत महसूस की और पुलिस का आभार व्यक्त किया। पुलिस अधीक्षक वीरेंद्र जैन ने जिले में अपराध नियंत्रण और चोरी व गुम संपत्ति से जुड़े मामलों में त्वरित कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। इन्हीं निर्देशों के तहत, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक कमला जोशी और एसडीओपी सुनील लाटा के मार्गदर्शन में, बैतूल बाजार थाना प्रभारी निरीक्षक अंजना धुर्वे के नेतृत्व में पुलिस टीम ने यह सराहनीय कार्य किया। यह घटना 11 मार्च 2026 की शाम करीब 6 बजे की है। ग्राम चारसी, थाना बैतूल बाजार निवासी 55 वर्षीय ओझा उईके ने पुलिस को सूचना दी कि महाराष्ट्र में तीन महीने की मजदूरी के बाद मिले 17 हजार रुपये उसकी जेब से बडोरा चौक, आठनेर रोड के पास कहीं गिर गए थे। सूचना मिलते ही थाना प्रभारी ने तत्काल पुलिस टीम को मौके पर भेजा। टीम ने आसपास के सीसीटीवी कैमरों की जांच शुरू की, जिसमें एक व्यक्ति को रुपये उठाते हुए देखा गया। इसके बाद पुलिस ने उस व्यक्ति के आने-जाने के पूरे मार्ग का पता लगाने के लिए लगभग 13 स्थानों के सीसीटीवी फुटेज खंगाले। लगातार प्रयासों के बाद पुलिस ने संबंधित व्यक्ति की पहचान की और उसे बैतूल बाजार थाने बुलाया। पूछताछ के दौरान उसने रुपये उठाने की बात स्वीकार कर ली। इसके बाद, उसके पास से 17 हजार रुपये बरामद कर बुजुर्ग ओझा उईके के परिजनों की मौजूदगी में उन्हें वापस सौंप दिए गए। इस पूरी कार्रवाई में थाना प्रभारी निरीक्षक अंजना धुर्वे, प्रधान आरक्षक मुकेश पवार, आरक्षक नितिन चौहान और आरक्षक अनिरुद्ध यादव सहित बैतूल बाजार पुलिस स्टाफ की महत्वपूर्ण भूमिका रही। पुलिस ने आम जनता से अपील की है कि वे अपने कीमती सामान और रुपये-पैसों को सुरक्षित और सावधानी से रखें।
नमस्कार, ये है, इंदौर में आज की 10 बड़ी खबरें। अब आप रोज शाम 5 बजे एक ही जगह पर शहर की दिन भर की बड़ी खबरें पढ़ सकते हैं। कब क्या हुआ, इसकी सारी जानकारी यहां मिलेगी। राजनीति से लेकर हर दिन होने वाले बड़े इवेंट, हादसे, कार्यक्रम सबकुछ… 1. इंदौर एयरपोर्ट का रन-वे रिपेयरिंग में गर्मी बनी बाधा देवी अहिल्या बाई होल्कर इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर रन-वे की रिकार्पेंटिंग और रिपेयरिंग का काम तय समय से करीब तीन महीने पीछे चल रहा है। यह काम फरवरी 2025 में शुरू हुआ था और इसे दिसंबर 2025 तक पूरा करने का लक्ष्य रखा गया था, लेकिन अब इसे अप्रैल तक पूरा करने का दावा किया जा रहा है। सीमित समय, तकनीकी प्रक्रियाओं और मौसम की बाधाओं के कारण काम की गति धीमी बनी हुई है, जिससे खासकर रात की उड़ानों पर असर पड़ रहा है। पढ़ें पूरी खबर… 2. आश्रम जाने निकला छात्र लापता, दूसरे दिन भी सुराग नहीं मथुरा के संत प्रेमानंद महाराज के यहां जाने के लिए निकला इंदौर के 15 साल के बच्चे का दूसरे दिन भी कोई पता नहीं चला है। खजराना पुलिस ने उत्तर प्रदेश पुलिस और जीआरपी को इसकी जानकारी दे दी है। पिता ने गुरुवार को थाने में गुमशुदगी दर्ज कराई थी। पढ़ें पूरी खबर… 3. इंदौर में एलपीजी सिलेंडर की कालाबाजारी पर सख्ती इंदौर जिले में अब एलपीजी सिलेंडरों की किल्लत और कालाबाजारी करने वालों पर सख्ती की जाएगी। जिला प्रशासन ने उपभोक्ताओं की सुविधा और अवैध बिक्री पर रोक लगाने के लिए कंट्रोल रूम बनाया है। अब आम उपभोक्ता गैस सिलेंडर से जुड़ी किसी भी समस्या, शिकायत या सुझाव के लिए हेल्पलाइन नंबर पर संपर्क कर सकेंगे। पढ़ें पूरी खबर… 4. ग्रीन वैली सोसाइटी में एक करोड़ की गड़बड़ी कनाड़िया रोड स्थित ग्रीन वैली सोसाइटी में करीब एक करोड़ रुपए की वित्तीय अनियमितता का मामला सामने आया है। शिकायत के बाद पुलिस ने गुरुवार को सोसाइटी से जुड़ी चार महिलाओं के खिलाफ अमानत में खयानत का केस दर्ज किया है। पढ़ें पूरी खबर… 5. पंपकर्मी की मौत का आरोपी हीरानगर का निकला इंदौर के कजलाना में पेट्रोल पंप कर्मचारी की जान लेने वाले आरोपी की पहचान हो गई है। पुलिस जांच में सामने आया है कि आरोपी हीरानगर इलाके का रहने वाला है। कई किलोमीटर के सीसीटीवी फुटेज खंगालने के बाद पुलिस टीम उसकी तलाश में हीरानगर तक पहुंची। पुलिस ने आरोपी के पिता को गुरुवार हिरासत में लिया है, जबकि आरोपी कार लेकर फरार है। पढ़ें पूरी खबर… 6. शादी का झांसा देकर युवती से दुष्कर्म, आरोपी फरार इंदौर के लसूडिया इलाके में 20 वर्षीय युवती से शादी का झांसा देकर दुष्कर्म करने का मामला सामने आया है। युवती की शिकायत पर पुलिस ने कॉलोनी में रहने वाले अजय पाटिल के खिलाफ गुरुवार रात दुष्कर्म का केस दर्ज किया है। आरोपी घटना के बाद से फरार है और पुलिस उसकी तलाश कर रही है। पढ़ें पूरी खबर… 7. इंस्टाग्राम से नाबालिग को प्रेमजाल में फंसाया इंदौर में एक नाबालिग छात्रा को प्रेमजाल में फंसाकर उससे छेड़छाड़ करने और धमकाकर घर के जेवर मंगवाने का मामला सामने आया है। छात्रा की मां की शिकायत पर पुलिस ने आरोपी युवक के खिलाफ छेड़छाड़, पॉक्सो एक्ट और धोखाधड़ी सहित अन्य धाराओं में एफआईआर दर्ज की है। पढ़ें पूरी खबर… 8. डेली कॉलेज और पींटू छाबड़ा को करोड़ों का नोटिस वित्तीय वर्ष समाप्त होने से पहले बकाया वसूली को लेकर जिला प्रशासन सख्त हो गया है। इसी कड़ी में जूनी इंदौर तहसील प्रशासन ने शहर के प्रतिष्ठित डेली कॉलेज प्रबंधन और मॉल संचालक गुरजीतसिंह छाबड़ा (पिंटू छाबड़ा) को डायवर्सन टैक्स बकाया के नोटिस जारी किए हैं। दोनों मामलों में कुल मिलाकर करीब ढाई करोड़ रुपए की वसूली नोटिस जारी की गई है। पढ़ें पूरी खबर… 9. चोइथराम मंडी चेंबर हादसा: जांच के लिए केंद्रीय समिति पहुंची इंदौर के चोइथराम मंडी क्षेत्र में पिछले सोमवार को चेंबर में काम करते समय नगर निगम के दो कर्मचारियों की मौत के मामले में जांच तेज हो गई है। शुक्रवार को केंद्रीय समिति का एक दल मामले की जांच के लिए इंदौर पहुंचा और घटनास्थल का निरीक्षण किया। इस मामले में केंद्रीय समिति ने राज्य सरकार से भी जवाब मांगा था। पढ़ें पूरी खबर… 10. इंदौर में ‘घर की सफाई’ बना जनआंदोलन शहर में स्वच्छता को लेकर शुरू की गई एक अनोखी पहल अब तेजी से जनभागीदारी वाली मुहिम बनती जा रही है। 94.3 माय एफएम और इंदौर नगर निगम द्वारा मिलकर शुरू किया गया “घर की सफाई” अभियान शहर के अलग-अलग वार्डों में पूरे जोश के साथ आगे बढ़ रहा है। पढ़ें पूरी खबर…
अलवर जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के अध्यक्ष की ओर से मोटर दुर्घटना के केस में आपसी समझौते के बाद बीमा कंपनी से प्राथी को एक करोड़ 6 लाख रुपए की क्षतिपूर्ति राशि का चेक दिलाया गया। पीड़ित परिवार को बड़ी राहत मिली है। न्यायाधीश अनु चौधरी की ओर से पक्षकारों को समझाइश कर आपसी सहमति कराने में प्रमुख भूमिका निभाई। इसके परिणामस्वरूप पीड़ित परिवार को आर्थिक राहत प्राप्त हो सकी। प्राधिकरण सचिव मोहन लाल सोनी ने बताया- मोटर दुर्घटना दावा अधिकरण के समक्ष रेखा बनाम शेर सिंह शीर्षक से क्लेम याचिका प्रस्तुत की गई थी। याचिका में उल्लेख किया गया कि प्रार्थी रेखा के पति रविकांत शर्मा 27 सितम्बर 2024 को अपनी मोटरसाइकिल से मंडी मोड़ स्थित अपने घर जा रहे थे। रात में लगभग 9 बजे कृषि उपज मंडी के पीछे सेठ हर प्रसाद धर्मशाला के सामने पहुंचे। तभी सामने से आ रही मोटरसाइकिल के चालक ने तेज गति और लापरवाही से वाहन चलाते हुए टक्कर मार दी। गंभीर चोट के कारण रविकांत शर्मा की मौत हो गई। AEN के पद पर कार्यरत थे क्लेम याचिका में यह भी उल्लेख किया गया कि मृतक जयपुर विद्युत वितरण निगम लिमिटेड के कार्यालय AEN इंजीनियर सुपरवाइजर के पद पर कार्यरत थे। प्रार्थी द्वारा बीमा कंपनी यूनाइटेड इंडिया इंश्योरेन्स कंपनी से कुल 2,16,10,000 रुपए की क्षतिपूर्ति राशि दिलाए जाने का दावा प्रस्तुत किया गया था। लोक अदालत की भावना के अनुरूप पक्षकारों को समझाइश की गई, जिसके परिणाम बीमा कंपनी एवं प्रार्थी के मध्य आपसी सहमति से 1 करोड़ 6 लाख रुपए की क्षतिपूर्ति राशि पर राजीनामा तय हुआ। इस अवसर पर प्रार्थी के अधिवक्ता जय कृष्ण गुप्ता भी उपस्थित रहे। समझौता राजीनामा प्रस्तुत होने के बाद जिला एव सेशन न्यायाधीश अनंत भंडारी द्वारा बीमा कंपनी की ओर से प्रस्तुत 1.06 करोड़ रुपए की क्षतिपूर्ति राशि का चेक प्रार्थी एवं उनके वारिसों को सुपुर्द किया गया। बीमा कंपनी के अधिवक्ता सुनील कुमार गुप्ता ने बताया कि मोटर वाहन दुर्घटना से संबंधित प्रकरणों की एक विशेष सूची तैयार कर आगामी राष्ट्रीय लोक अदालत में अधिकाधिक मामलों का निस्तारण कराने का प्रयास किया जा रहा है। लोक अदालत में तुरंत मिलती है मदद अध्यक्ष अनंत भंडारी ने कहा कि राष्ट्रीय लोक अदालत के माध्यम से मोटर दुर्घटना दावा प्रकरणों का आपसी सहमति से निस्तारण होने से पीड़ित परिवारों को त्वरित आर्थिक सहायता मिल जाती है।
सदर विधायक ने ओपन जिम का शुभारंभ किया:बोले- स्वस्थ शरीर के लिए एक्सरसाइज जरूरी, 35 जिम बनाए जाएंगे
फर्रुखाबाद में सदर विधायक ने शुक्रवार को जसमई गांव के एक स्कूल में ओपन जिम का उद्घाटन किया। इस अवसर पर उन्होंने स्वस्थ रहने के लिए व्यायाम के महत्व पर जोर दिया। विधायक ने बताया कि उनके विधानसभा क्षेत्र में कुल 35 जिम स्थापित किए जाएंगे। जसमई के पंचायत घर में आयोजित कार्यक्रम के दौरान सदर विधायक ने कहा कि गांवों में खेल को बढ़ावा दिया जा रहा है। इसके तहत कहीं स्टेडियम बनाए जा रहे हैं तो कहीं जिम स्थापित किए जा रहे हैं। उन्होंने मुख्यमंत्री को अपना प्रेरणा स्रोत बताते हुए कहा कि उनके मार्गदर्शन में विधायक यह प्रयास कर रहे हैं कि गांवों का विकास केवल बुनियादी सुविधाओं तक सीमित न रहे। उनका मानना है कि जब गांव का बच्चा और व्यक्ति स्वस्थ रहेगा, तभी वह देश के लिए बेहतर निर्णय ले पाएगा। इसी उद्देश्य के तहत कई विद्यालयों में ओपन जिम लगाए गए हैं। आज जिस जिम का शुभारंभ हुआ है, वह प्रस्तावित 35 जिमों में से एक है। विधायक ने इसे 'खुली व्यायामशाला' भी बताया। उन्होंने उम्मीद जताई कि इस जिम के लगने से गांव के लोग लाभान्वित होंगे और स्वस्थ रहेंगे।
छत्तीसगढ़ के रायगढ़ जिला के बरपाली जंगल में जुआ खेले जाने की जानकारी पुलिस अधिकारियों को मिली। जिसे लेकर संबंधित चौकी प्रभारी से जानकारी ली गई, लेकिन उनके द्वारा स्पष्ट जानकारी नहीं दी गई। ऐसे में मामले में वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ने चौकी प्रभारी व बीट के प्रधान आरक्षक को लाईन अटैच करते हुए एसआई विजय एक्का को रैरूमाखुर्द चौकी का प्रभारी सौंपा गया है। मिली जानकारी के मुताबिक वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक शशि मोहन सिंह को 11 मार्च को चौकी रैरूमाखुर्द क्षेत्र के बरपाली जंगल में जुआ खेले जाने की सूचना मिली थी। इस संबंध में उनके द्वारा चौकी प्रभारी रैरूमाखुर्द एएसआई बृज किशोर गिरी से जानकारी ली गई, लेकिन उनके द्वारा मामले की स्पष्ट जानकारी नहीं दी गई। ऐसे में मामले को गंभीरता से लेते हुए एसएसपी ने नाराजगी जताई। इसके बाद रक्षित केंद्र, थाना घरघोड़ा और रैरूमाखुर्द पुलिस की संयुक्त टीम गठित कर तत्काल जुआ फड़ पर दबिश दी गई। जहां कार्रवाई के दौरान चार जुआरियों को मौके से गिरफ्तार किया गया। जिनके कब्जे से 5 मोटरसाइकिल, 3 मोबाइल फोन और 10,600 कैश जप्त किया गया। आरोपियों के खिलाफ छत्तीसगढ़ जुआ एक्ट के तहत कार्रवाई की गई है। SSP ने तत्काल प्रभाव से लाइन अटैच कियावहीं मामले में चौकी प्रभारी एएसआई बृज किशोर गिरी और बीट के प्रधान आरक्षक लक्ष्मी नारायण केंवट द्वारा अपने कर्तव्यों के निर्वहन में गंभीर लापरवाही पाए जाने पर SSP ने दोनों पुलिसकर्मियों को तत्काल प्रभाव से लाइन अटैच कर दिया गया है। साथ ही थाना पूंजीपथरा में पदस्थ उपनिरीक्षक विजय एक्का को चैकी रैरूमाखुर्द प्रभारी बनाया गया है। संबंधित प्रभारी की होगी जवाबदारीवरिष्ठ पुलिस अधीक्षक शशि मोहन सिंह ने बताया कि किसी भी थाना या चैकी क्षेत्र में जुआ, सट्टा, अवैध शराब या अन्य अवैध गतिविधियां संचालित होना पाए जाने पर संबंधित प्रभारी की जवाबदेही होगी। ऐसे मामले में सख्त कार्रवाई की जाएगी। किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। पुलिस द्वारा ‘ऑपरेशन अंकुश’ के तहत जुआ-सट्टा और ‘ऑपरेशन आघात’ के तहत अवैध मादक पदार्थों के खिलाफ लगातार कार्रवाई जारी रहेगी।
बीकानेर एसपी ऑफिस के सामने युवक ने खुद को आग लगाकर आत्मदाह का प्रयास किया। लपटों से घिरे युवक को देख वहां मौजूद पुलिसकर्मी उसे बचाने के लिए दौड़े। मामला शुक्रवार दोपहर तीन बजे का है। बताया जा रहा है कि युवक एडीएम ऑफिस से चिल्लाता हुआ बाहर आया। इसके बाद एसपी ऑफिस के सामने खुद को आग लगा दी। एडीएम ऑफिस् में काम से आया था, पुलिसवाले बचाने दौड़े जानकारी के अनुसार खाजूवाला क्षेत्र के 4 बीजीएम भागू गांव निवासी रामलाल शुक्रवार को एडीएम सिटी ऑफिस आया था। कुछ देर बाद वो वहां से चिल्लाते हुए आया और खुद को आग के हवाले कर दिया। अचानक हुई इस घटना से वहां मौजूद लोग घबरा गए और अफरा-तफरी मच गई। लोग कुछ समझ पाते इससे पहले उसने खुद को आग के हवाले कर दिया। आग की लपटों से घिरे रामलाल को देख पुलिसकर्मी उसे बचाने दौड़े और आग को बुझाया। इसके बाद उसे पीबीएम हॉस्पिटल ले जाया गया, जहां ट्रॉमा वार्ड में उसका इलाज चल रहा है। हालांकि अभी तक ये सामने नहीं आया कि रामलाल ने ऐसा क्यों किय। लेकिन, बताया जा रहा है कि वह कई दिनों से एडीएम ऑफिस के चक्कर काट रहा था। लेकिन जब कोई काम नहीं हुआ तो वह इससे नाराज होकर खुद को आग लगा दी।
शाहजहांपुर में एक बुजुर्ग को बीच सड़क पर मुर्गा बनाया गया। दबंगों ने बुजुर्ग से अपना सिर अपने पैर पर रखवाया। इस घटना का वीडियो सामने आया है। वीडियो थाना पुवायां क्षेत्र के नाहिल गांव का बताया जा रहा है। हालांकि, यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि वीडियो कितने दिन पुराना है। बुजुर्ग ने थाने के अंदर बंद कुछ युवकों को खाना दिया था। यह बात वादी पक्ष को नागवार गुजरी, जिसके बाद बुजुर्ग को इस तरह प्रताड़ित किया गया।
चौधरी चरण सिंह विश्वविद्यालय के ललित कला संस्थान के अप्लाइड आर्ट विभाग में विद्यार्थियों के लिए लोक कला और अप्लाइड आर्ट के समन्वय पर आधारित एक विशेष निःशुल्क प्रशिक्षण कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यशाला का उद्देश्य विद्यार्थियों को रचनात्मक कला के माध्यम से आत्मनिर्भर बनने के लिए प्रेरित करना रहा। कार्यशाला का आयोजन विश्वविद्यालय की कुलपति संगीता शुक्ला की प्रेरणा से किया गया। कार्यक्रम का उद्घाटन ललित कला संस्थान की समन्वयक अल्का तिवारी ने किया। उन्होंने कहा कि अप्लाइड आर्ट के माध्यम से विद्यार्थी अपनी रचनात्मक प्रतिभा को व्यावसायिक रूप देकर रोजगार के नए अवसर प्राप्त कर सकते हैं, वहीं लोक कला हमारी संस्कृति और परंपरा को संरक्षित रखने का सशक्त माध्यम है। कार्यशाला में विषय विशेषज्ञ कलाकार प्रो. अलका तिवारी ने महिलाओं और विद्यार्थियों को लोक कला की विभिन्न विधाओं का प्रशिक्षण दिया। वहीं विशेषज्ञ कलाकार कृतिका गोयल ने विद्यार्थियों को विजिटिंग कार्ड डिजाइन, विज्ञापन कला और व्यावसायिक कला के विभिन्न पहलुओं का व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया। उन्होंने बताया कि वर्तमान समय में ग्राफिक डिजाइन, विज्ञापन और क्रिएटिव डिजाइनिंग के क्षेत्र में युवाओं के लिए अपार संभावनाएं हैं। कार्यशाला में शिवा त्यागी, प्रज्ञा यादव, खुशबू, लक्ष्य, खुशी और तनु सहित कई विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया और इसे बेहद उपयोगी बताया। कार्यक्रम के सफल आयोजन में सुश्री दीपांजलि और डॉ. पूर्णिमा वशिष्ठ का विशेष सहयोग रहा। आयोजकों का कहना है कि ऐसे प्रशिक्षण कार्यक्रम विद्यार्थियों को रचनात्मकता के साथ आत्मनिर्भरता की दिशा में आगे बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
कोरबा जिले में आपातकालीन मदद के लिए तैनात 'डायल 112' सेवा के वाहन फिलहाल बाधित हैं। जिले को आवंटित कुल 21 वाहनों में से 9 गाड़ियां वर्तमान में खराब पड़ी हैं, जिससे सेवाओं पर असर पड़ रहा है। ये खराब वाहन मरम्मत के लिए गैराज और पुलिस लाइन की वाहन शाखा में भेजे गए हैं। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक ने बताया कि इन वाहनों का संचालन 'जीवीके' (GVK) कंपनी के माध्यम से किया जाता है। नौ गाड़ियों की खराबी से 112 आपात सेवा पर दबाव नौ गाड़ियों के खराब होने के कारण शेष वाहनों पर अतिरिक्त दबाव है। इससे अन्य जगहों से कॉल आने पर 112 को पहुंचने में कभी-कभी देरी हो रही है। खराब वाहनों पर तैनात पुलिसकर्मी फिलहाल अपने-अपने क्षेत्र के थाना-चौकी में सेवाएं दे रहे हैं, जबकि चालक (जो कंपनी के कर्मचारी हैं) अपनी उपस्थिति दर्ज करा रहे हैं। जीवीके कंपनी पिछले कुछ महीनों से 112 सेवा का संचालन कर रही है। इससे पहले 'एबीपी ट्रैवल्स एंड फैसिलिटी मैनेजमेंट प्राइवेट लिमिटेड' यह जिम्मेदारी संभाल रही थी, जिसका टेंडर समाप्त हो गया है। पूर्व कंपनी के कर्मचारियों ने पत्राचार कर अपनी सुरक्षा निधि (12,000 रुपए) की वापसी और अन्य मांगों को पूरा करने की अपील की है। इसके अतिरिक्त, 112 के चालकों को जनवरी माह का आधा और फरवरी माह का वेतन नहीं मिला है, जिससे उन्हें आर्थिक परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। कर्मचारियों ने पहले भी वेतन बढ़ाने की मांग को लेकर जिला प्रशासन को पत्राचार किया था, लेकिन अब तक बढ़ा हुआ वेतन नहीं मिला है।
डीडवाना के ग्राम रामसाबास में कस्टोडियन भूमि पर बसे दलित परिवारों को बेदखल करने के कथित प्रयासों के विरोध में शुक्रवार को मेघवाल समाज ने प्रदर्शन किया। समाज के लोगों ने जिला कलेक्टर कार्यालय पहुंचकर कलेक्टर को ज्ञापन सौंपा और तत्काल कार्रवाई की मांग की। ग्रामीणों द्वारा सौंपे गए प्रार्थना पत्र में बताया गया है कि वे रामसाबास गांव के निवासी हैं और अनुसूचित जाति के मेघवाल समाज से संबंध रखते हैं। उनके परिवार पिछले करीब 100 वर्षों से अधिक समय से गांव के विभिन्न खसरा नंबरों पर स्थित हेक्टेयर भूमि पर निवास कर रहे हैं। हालांकि, राजस्व रिकॉर्ड में यह भूमि कस्टोडियन के नाम दर्ज है। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि ग्राम लाडाबास के कुछ प्रभावशाली लोग इस भूमि पर कब्जा करने की नीयत से उन्हें लगातार डरा-धमका रहे हैं। उनका कहना है कि ये लोग लाठी और संख्या बल के आधार पर उन्हें घर खाली करने की धमकी देते हैं। ग्रामीणों का यह भी आरोप है कि विपक्षी यह कहकर दबाव बना रहे हैं कि उनके पूर्वज देश छोड़कर चले गए थे, इसलिए अब जमीन पर उनका अधिकार है। पीड़ित परिवारों ने बताया कि वे गरीब मजदूर वर्ग से हैं और गांव में अल्पसंख्या में होने के कारण दहशत के माहौल में जीने को मजबूर हैं। उन्होंने यह आशंका भी जताई कि कुछ लोग इस जमीन को अन्य असामाजिक तत्वों को बेचने की कोशिश कर रहे हैं, जिससे भविष्य में विवाद और बढ़ सकता है। मेघवाल समाज ने जिला प्रशासन से मांग की है कि उनकी पुश्तैनी बसावट को उजाड़ने से रोका जाए। साथ ही, उन्हें धमकाने वाले व्यक्तियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाए ताकि वे शांतिपूर्वक अपने घरों में रह सकें। इस प्रदर्शन के दौरान रामसाबास मेघवाल समाज के दर्जनों पुरुषों के साथ महिलाएं मौजूद रहीं। इनमें मौलासर पंचायत समिति की पूर्व प्रधान मंजू मेघवाल, डीडवाना मेघवाल विकास संस्थान के अध्यक्ष एस.आर. लूनिया, भाजपा नेता डालूराम मेघवाल और बुधाराम गरवा सहित सैकड़ों लोग शामिल थे।
विदिशा जिले के करारिया थाना क्षेत्र में एक 50 वर्षीय महिला की हत्या के बाद तनाव फैल गया। आक्रोशित परिजनों और स्थानीय लोगों ने शमशाबाद नगर के मुख्य मार्ग पर चक्काजाम कर आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी और कड़ी कार्रवाई की मांग की। जानकारी के अनुसार, शमशाबाद निवासी 50 वर्षीय संगीता राजपूत की गला घोंटकर हत्या कर दी गई थी। हत्या के बाद आरोपियों ने महिला का शव नेशनल हाईवे के निर्माणाधीन पुल पर फेंक दिया और मौके से फरार हो गए। बताया गया है कि संगीता राजपूत एक शादी समारोह में शामिल होने के लिए क्षेत्र में आई हुई थीं। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू की। एफएसएल टीम ने घटनास्थल से आवश्यक साक्ष्य जुटाए, वहीं डॉग स्क्वॉड की मदद से आरोपियों की तलाश की जा रही है। घटना से नाराज परिजनों और स्थानीय लोगों ने शमशाबाद के मुख्य मार्ग पर चक्काजाम कर दिया। प्रदर्शनकारियों ने आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी और उन्हें फांसी दिए जाने की मांग की। इस चक्काजाम के कारण कुछ समय तक मार्ग पर यातायात भी प्रभावित रहा। सूचना मिलते ही पुलिस और प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंचे और प्रदर्शनकारियों को समझाइश दी। अधिकारियों ने आश्वासन दिया कि मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है और जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार कर उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। प्रशासन के आश्वासन के बाद परिजनों और स्थानीय लोगों ने चक्काजाम समाप्त कर दिया। मृतका के बेटे पुष्पेंद्र राजपूत ने आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग करते हुए उन्हें एनकाउंटर किए जाने की बात कही। वहीं, एसडीओपी अमरेश वोहरा ने बताया कि पुलिस मामले के हर पहलू से जांच कर रही है और जल्द ही आरोपियों तक पहुंचने का प्रयास किया जा रहा है। महिला के शव का पोस्टमार्टम अटल बिहारी वाजपेयी मेडिकल कॉलेज में कराया गया, जिसके बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के सही कारणों का खुलासा हो सकेगा। फिलहाल, पुलिस पूरे मामले की गहन जांच में जुटी हुई है।
पलवल जिले के फुलवाड़ी गांव में चार मार्च को होली पर्व के दौरान हुए झगड़े में घायल ओमप्रकाश की अस्पताल में उपचार के दौरान मौत हो गई। पुलिस ने मामले में हत्या की धारा जोड़ते हुए मुख्य आरोपी सहित चार लोगों को गिरफ्तार कर लिया है। गिरफ्तार आरोपियों में फुलवाड़ी गांव निवासी सुमित, आकाश उर्फ बादल, सोनू और मोनू शामिल हैं। होली के दिन हुआ था विवाद सदर थाना प्रभारी सुंदरपाल के अनुसार, फुलवाड़ी गांव निवासी अरुण ने कई महिला सहित नामजद आरोपियों के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत में बताया गया कि चार मार्च को वह अपने परिवार के साथ घर पर होली का त्योहार मना रहा था। इसी दौरान आरोपी उनके घर के बाहर आकर गाली-गलौज करने लगे। पत्थरबाजी और हथियारों से हमला शिकायत के अनुसार, आरोपियों ने छत से पत्थर फेंके और डंडों व कुल्हाड़ी से हमला कर दिया। इस हमले में अरुण, संदीप, उनकी मां और पिता ओमप्रकाश गंभीर रूप से घायल हो गए। ओमप्रकाश को गंभीर चोट लगने के कारण पलवल से उच्च केंद्र के लिए रेफर किया गया था। लूट का भी आरोप पीड़ित पक्ष ने आरोप लगाया कि हमलावर सोने की चेन और करीब 20 हजार रुपये नकद भी लेकर फरार हो गए। सदर थाना पुलिस ने इस संबंध में मामला दर्ज कर जांच शुरू की थी। इलाज के दौरान मौत, हत्या की धारा जोड़ी गई इलाज के दौरान ओमप्रकाश की मौत हो जाने पर पुलिस ने मामले में हत्या की धारा जोड़ दी। जांच अधिकारी राशिद खान की टीम ने चार मुख्य आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस रिमांड पर लिए जाएंगे आरोपी पुलिस के अनुसार, आरोपियों से पूछताछ और वारदात में प्रयुक्त हथियार बरामद करने के लिए उन्हें अदालत में पेश कर रिमांड पर लिया जाएगा। पुलिस ने कहा कि इस वारदात से जुड़े किसी भी आरोपी को बख्शा नहीं जाएगा।
जैसलमेर शहर में शादी से एक महीने पहले युवती ने सुसाइड कर जान दे दी। घटना के वक्त 25 साल की रेखा घर में अकेली थी। घटना शहर के आरपी कॉलोनी में शुक्रवार दोपहर तीन बजे की है। बताया जा रहा है कि रेखा की 15 दिन पहले ही गुजरात में सगाई हुई थी। अप्रैल महीने में ही रेखा की शादी थी। शहर कोतवाल सुरजाराम जाखड़ ने बताया- मृतका का पोस्टमॉर्टम करवाकर शव परिजनों को सुपुर्द किया जाएगा। पुलिस ने मर्ग दर्ज कर लिया है और आत्महत्या के कारणों की जांच कर रहे हैं। परिजनों के घर लौटते ही खुला मौत का राज शहर कोतवाल सुरजाराम जाखड़ ने बताया घटना के वक्त रेखा घर में अकेली थी। रेखा के पिता का किराणा का बिजनेस है। घटना के वक्त रेखा के दोनों भाई अपनी दुकान पर गए हुए थे। जबकि उसके माता-पिता किसी काम से बाड़मेर गए थे। दोपहर में जब माता-पिता बाड़मेर से वापस घर लौटे, तो उन्हें घर का दरवाजा अंदर से बंद मिला। काफी देर तक आवाज देने और फोन करने के बावजूद जब अंदर से कोई प्रतिक्रिया नहीं मिली, तो उन्हें अनहोनी की आशंका हुई। दरवाजा तोड़ा तो फंदे से लटकी मिली रेखा आस-पड़ोस के लोगों की मदद से जब घर का दरवाजा तोड़ा। जब वे अंदर गए तो रेखा कमरे में पंखे के हुक से रस्सी के फंदे पर लटकी हुई मिली। आनन-फानन में पड़ोसियों के सहयोग से शव को नीचे उतारा गया और तुरंत जवाहिर हॉस्पिटल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। 19 अप्रैल को होनी थी शादी पुलिस के अनुसार हाल ही में 15 दिन पहले रेखा की सगाई गुजरात के धानेरा में तय हुई थी। आगामी 19 अप्रैल को उसकी शादी होनी थी और घर में विवाह की तैयारियां शुरू हो चुकी थीं। जिस घर में शहनाइयां बजने वाली थीं, वहां अचानक हुई इस घटना ने सबको झकझोर कर रख दिया है। पुलिस ने बताया कि अभी तक सुसाइड के कारणों का पता नहीं चल पाया है। इसके साथ ही कोई सुसाइड नोट भी नहीं मिला है।
छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस रमेश सिन्हा और जस्टिस रविंद्र कुमार अग्रवाल की डिवीजन बेंच ने कहा कि एनडीपीएस एक्ट के तहत अपराध समाज के लिए बहुत गंभीर हैं। डिवीजन बेंच ने नशीली कफ सिरप की अवैध बिक्री और तस्करी करने वाली महिला समेत चार आरोपियों की अपील को खारिज कर दी है। साथ ही निचली अदालत से दी गई सजा को बरकरार रखा है। कोर्ट ने चारों आरोपियों को 15-15 साल का सश्रम कारावास और डेढ़- डेढ़ लाख रुपए के जुर्माने की सजा सुनाई थी। दरअसल, पुलिस ने 13 सितंबर 2023 को मुखबिर की सूचना पर बिलासपुर के तोरवा थाना के हेमूनगर शोभा विहार स्थित योग केंद्र के पास दबिश दी थी। जहां स्नेहा गोयल, पुष्पेंद्र निर्मलकर, अमर जांगड़े और देवा रजक पकड़े गए। पुलिस ने स्नेहा गोयल के पास से 100 बोतल, पुष्पेंद्र से 25 बोतल, अमर से 30 बोतल और देवा रजक से 20 बोतल नशीली कफ सिरप बरामद की थी। कुल 175 बोतलों के साथ एक कार भी जब्त की गई थी। ट्रॉयल कोर्ट ने आरोपियों को सुनाई सजापुलिस ने सभी आरोपियों को जेल भेजने के बाद चार्जशीट प्रस्तुत किया, जिसके बाद ट्रायल में उन्हें दोषी पाया। जिसके बाद आरोपियों को कोर्ट ने जुर्माने के साथ ही सश्रम कारावास की सजा सुनाई। निचली अदालत के फैसले के खिलाफ चारों ने हाई कोर्ट में अपील की थी। पुलिस पर महिला आरोपी से गलत तलाशी का आरोपअपील में आरोपियों की तरफ से वकील ने तर्क दिया कि महिला आरोपी की तलाशी के समय नियमों का पालन नहीं हुआ। इस पर हाईकोर्ट ने कहा कि बैग या पर्स की तलाशी लेना व्यक्तिगत शरीर की तलाशी नहीं माना जाता, इसलिए एनडीपीएस एक्ट की धारा 50 के उल्लंघन का सवाल ही नहीं उठता। चूंकि बरामदगी सार्वजनिक स्थान पर हुई थी, इसलिए पुलिस द्वारा वारंट के बिना धारा 43 के तहत की गई कार्रवाई पूरी तरह वैध है। हाईकोर्ट ने माना आरोपियों से मिला कोडीनयुक्त सिरपहाईकोर्ट ने माना कि आरोपियों के पास से कोडीन युक्त सिरप की व्यावसायिक मात्रा मिली थी। स्पेशल कोर्ट, एनडीपीएस एक्ट द्वारा 30 जनवरी 2025 को दिया गया फैसला कानूनी रूप से सही है और इसमें किसी हस्तक्षेप की आवश्यकता नहीं है। बता दें कि सभी आरोपी फिलहाल जेल में सजा काट रहे हैं।
प्रयागराज में शुक्रवार को फोरम फॉर इक्विटी (समता मंच) और विभिन्न छात्र संगठनों ने जातिगत भेदभाव के खिलाफ विरोध प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने विश्वविद्यालय परिसरों में यूजीसी रेगुलेशन को 'रोहित एक्ट' की तर्ज पर लागू करने की मांग की। यह मार्च सीएमपी डिग्री कॉलेज से बालसन चौराहे तक निकाला गया। मार्च की शुरुआत सीएमपी डिग्री कॉलेज के गेट पर एक सभा से हुई। सभा के बाद छात्र और सामाजिक कार्यकर्ता नारेबाजी करते हुए बालसन चौराहा स्थित पंडित जवाहरलाल नेहरू की प्रतिमा तक पहुंचे और वहां अपनी मांगों को लेकर विरोध दर्ज कराया। आइसा के प्रदेश अध्यक्ष मनीष कुमार ने सभा को संबोधित करते हुए कहा कि विश्वविद्यालय परिसरों में जातिगत भेदभाव की घटनाएं लगातार बढ़ रही हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार ने यूजीसी रेगुलेशन के पक्ष में सुप्रीम कोर्ट में मजबूत पक्ष नहीं रखा, जिसके कारण इस पर रोक लग गई है। कुमार ने बताया कि देशभर में इस फैसले के खिलाफ आक्रोश है और छात्र संगठन इसे लागू करने की मांग कर रहे हैं। सीएमपी कॉलेज के छात्र सद्दाम ने कहा कि यूजीसी रेगुलेशन संविधान के नैतिक मूल्यों और सामाजिक न्याय की रक्षा के लिए एक आवश्यक कदम था। उन्होंने इसे संविधान और समानता के अधिकार को बचाने की लड़ाई बताया। आइसा इकाई अध्यक्ष सोनाली यादव ने जोर देकर कहा कि किसी भी समाज में उत्पीड़न और हिंसा स्वीकार्य नहीं है, और सरकार इसे लागू करने के बजाय टालने की कोशिश कर रही है। सामाजिक कार्यकर्ता इंजीनियर संदीप विश्वकर्मा ने सरकार के 'सबका साथ, सबका विकास' नारे पर सवाल उठाते हुए कहा कि जमीनी स्तर पर स्थिति इसके विपरीत है। उन्होंने आरोप लगाया कि समाज में जातिगत विभाजन को बढ़ावा देकर कुछ वर्गों के पक्ष में नीतियां बनाई जा रही हैं। समाजवादी छात्र सभा के रौशन ने भी वंचित वर्गों के अधिकारों की रक्षा के लिए छात्र आंदोलन जारी रखने की बात कही।
रेवाड़ी में बावल के वाल्मीकि मोहल्ले में 10 मार्च की रात बनवारे पर हुए हमले में नया मोड़ आ गया है। शुक्रवार को दूसरा पक्ष एसपी से मिलने रेवाड़ी पहुंचा। जिन्होंने राकेश के परिवार पर पुलिस को गुमराह कर पूरी प्लानिंग के तहत हमला करने का आरोप लगाया। झगड़े की खुद सूचना देने के बावजूद पुलिस पर भी अपनी सुनवाई नहीं करने के आरोप लगाते हुए मामले की निष्पक्ष जांच करवाने और आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। सुनियोजित थी हमले की साजिश प्रदीप कुमार, हीरा सिंह और सुनीता ने कहा कि 9 मार्च को उनके घर पर लड़की की शादी थी। 10 की रात ट्रेन से उनके रिश्तेदारों को बठिंडा जाना था। जिसके लिए परिवार के कुछ लोग घर के बाहर बैठे हुए थे। इसी दौरान राकेश का परिवार लाठी-डंडों के साथ बनवारा लेकर उनके दरवाजे के सामने पहुंचा। उन्होंने डीजे उनके घर से थोड़ा आगे ले जाने की बात कही। इसी दौरान बनवारे में शामिल लोगों ने लाठी-डंडों और ईंट-पत्थरों से उन पर हमला कर दिया। जिसमें उनके परिवार के कई लोग घायल हो गए। हमने ही सूचना देकर पुलिस को बुलाया। इसके बावजूद पुलिस ने हमारा पक्ष जाने बिना ही परिवा और रिश्तेदारों पर लाठीचार्ज किया। जबकि हमले की पूरी प्लानिंग राकेश के परिवार की थी। घर के सामने किए गंदे इशारे शिकायत में बताया कि जैसे ही बनवारा पर उनके घर के सामने गाने पर गंदे इशारे करने शुरू कर दिए। जब उन्होंने इसका विरोध करते हुए डीजे आगे ले जाने की बात कही तो उन्होंने परिवार के सदस्यों और रिश्तेदारों पर राकेश, संतलाल उर्फ सौदागर, महेश उर्फ लल्लन, राजेश, गजराज इत्यादि ने हमला कर दिया। जिसमें नीलम, जवाहर लाल, सोमा देवी सहित कई लोग घायल हो गए। दो पुलिस कर्मियों पर लगाए आरोप एसपी को दी शिकायत में पुलिस कर्मचारी अनिल व कर्ण सिंह पर दूसरे पक्ष के साथ मिलीभगत के आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि इन दोनों कर्मचारियों ने एसएचओ के मना करने के बावजूद गंदी-गंदी गालियां दी और पूरी रात टॉचर्र किया। अस्पताल में भी इन दोनों ने किसी को बताने पर गंभीर परिणाम भुगतने की धमकी दी। शिकायत में एसपी से मामले की निष्पक्ष जांच करवाने और न्याय दिलवाने की मांग की। बनवारे पर हमले का लगाया आरोप बावल के वाल्मीकि मोहल्ला में 10 मार्च की रात भाजपा नेता पुष्प कुमार के भतीजे अंकित का बनवारा निकला था। दूल्हे के पिता राकेश और चाचा पुष्प कुमार ने अपने गौत्र की लड़की से विवाह करने के विरोध में प्रेम कुमार और जगदीश पर साजिश के तहत बनवारे के दौरान ईंट-पत्थर और लाठी, डंडों से हमला करने का आरोप लगाया था। जिसके बाद मौके पर पहुंची दो थानों की पुलिस ने स्थिति को नियंत्रित किया और पुलिस सुरक्षा में बनवारी और घुड़चढ़ी करवाई। अब दूसरे पक्ष ने अपने पर लगे आरोपों को झूठा बताते हुए राकेश और पुष्प कुमार पर ही साजिश के तहत हमला करने के आरोप लगाए हैं। डीएसपी बावल करेंगे जांच डीएसपी हैडक्वाटर रविंद्र कुमार ने पीड़ितों की शिकायत सुनने के बाद नियमानुसार उचित कार्रवाई का आश्वासन दिया। शिकायत डीएसपी बावल सुरेंद्र श्योराण को भेजकर मामले की जांच का जिम्मा सौंपा है। अब डीएसपी की जांच के बाद ही पता चल पाएगा कि आखिर कौन सच बोल रहा है और कौन झूठ।
डीडवाना में राजस्थान दिवस समारोह के सफल आयोजन के लिए शुक्रवार को जिला कलेक्ट्रेट सभागार में कलेक्टर डॉ. महेंद्र खड़गावत की अध्यक्षता में एक बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में 14 से 19 मार्च तक होने वाले विभिन्न कार्यक्रमों की तैयारियों की समीक्षा की गई और संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए। कलेक्टर ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि राजस्थान दिवस से संबंधित सभी कार्यक्रम सुव्यवस्थित और प्रभावी ढंग से आयोजित किए जाएं, ताकि आमजन की अधिकतम भागीदारी सुनिश्चित हो सके। अतिरिक्त जिला कलेक्टर ने बताया कि राज्य सरकार के निर्देशों के अनुसार, 14 मार्च को सुबह 8:30 बजे जिला मुख्यालय स्थित अहिंसा सर्किल पर स्वच्छता कार्यक्रम होगा। इसके बाद 15 मार्च को सुबह 7 बजे बांगड़ अस्पताल चौराहा से पंडित बच्छराज विद्यालय तक 'विकसित राजस्थान रन' का आयोजन किया जाएगा। इसी दिन सुबह 10 बजे टाउन हॉल में ओडीओपी (वन डिस्ट्रिक्ट वन प्रोडक्ट) प्रदर्शनी भी लगाई जाएगी। 17 मार्च को राजकीय कॉलेजों और स्कूलों में 'राजस्थान को जानें' क्विज प्रतियोगिता आयोजित होगी। साथ ही, जयपुर में होने वाले राज्य स्तरीय युवा सम्मेलन का सीधा प्रसारण भी किया जाएगा। शाम 5 बजे जिले के उद्योगपतियों के साथ संवाद कार्यक्रम भी निर्धारित है। 18 मार्च को किसान एवं पशुपालन समृद्धि दिवस के राज्य स्तरीय कार्यक्रम का प्रसारण किया जाएगा। शाम को डीडवाना स्थित शीतल कुंड बालाजी मंदिर में आरती कार्यक्रम का आयोजन होगा। 19 मार्च को राज्य स्तरीय कार्यक्रम का सीधा प्रसारण होगा, जिसमें लाभार्थियों को विभिन्न योजनाओं के तहत लाभ हस्तांतरित किए जाएंगे। कार्यक्रमों की श्रृंखला के तहत शाम को टाउन हॉल में पद्मश्री गायिका बेतुल बेगम और लोक कलाकार सवाई भाट का सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा। बैठक में जिला पुलिस अधीक्षक ऋचा तोमर, नगर परिषद आयुक्त भगवान सिंह, जिला रसद अधिकारी उपेंद्र ढाका सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।
पलवल शहर के भवन कुंड चौक के निकट स्थित शगुन इंटरप्राइजेज नामक सूत के व्यापारी के गोदाम में शुक्रवार सुबह अचानक भीषण आग लग गई। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार आग शॉर्ट सर्किट के कारण लगी, जिसने कुछ ही मिनटों में पूरे गोदाम को अपनी चपेट में ले लिया। हादसे में करीब 40 लाख रुपये का माल जलकर राख हो गया। मौके पर पहुंची फायर ब्रिगेड की गाड़ियों ने कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। जानकारी के अनुसार, शुक्रवार सुबह करीब 9 बजे गोदाम से धुआं उठता देखा गया। कुछ ही देर में आग ने विकराल रूप धारण कर लिया और गोदाम में रखे सूत के गट्ठों में तेजी से फैलने लगी। घटना की सूचना मिलते ही दमकल विभाग की टीमें मौके पर पहुंचीं। चार घंटे में पाया काबू गोदाम की इमारत में बेसमेंट के साथ दो मंजिलें और बनी हुई थीं। आग तेजी से फैलते हुए बेसमेंट से लेकर ऊपर की मंजिलों तक पहुंच गई। आग की तीव्रता को देखते हुए दमकल विभाग की करीब 12 गाड़ियों को मौके पर बुलाया गया। करीब चार घंटे की कड़ी मेहनत के बाद दोपहर लगभग 1 बजे आग पर पूरी तरह काबू पाया जा सका। अफरा-तफरी का माहौल, जनहानि नहीं आग लगने के दौरान आसपास के क्षेत्र में अफरा-तफरी मच गई। सुरक्षा के लिहाज से आसपास के इलाकों को खाली कराया गया। गनीमत रही कि इस हादसे में कोई जनहानि नहीं हुई। प्रशासन ने आग लगने के कारणों की जांच शुरू कर दी है।
राष्ट्रीय पिछड़ा वर्ग मोर्चा और भारत मुक्ति मोर्चा ने जाति आधारित जनगणना, ओबीसी के लिए सख्त यूजीसी बिल और 2011 से पहले नियुक्त शिक्षकों को शिक्षक पात्रता परीक्षा (टीईटी) से छूट देने की मांगों को लेकर कलेक्ट्रेट पर प्रदर्शन किया। संगठनों ने केंद्र सरकार पर ओबीसी के साथ धोखाधड़ी का आरोप लगाते हुए राष्ट्रपति और केंद्र सरकार को संबोधित एक ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में प्रमुख मांग थी कि राष्ट्रीय जनगणना में ओबीसी के लिए जाति का कॉलम जोड़ा जाए। संगठनों ने कहा कि केंद्र सरकार ने कैबिनेट में ओबीसी की जाति आधारित जनगणना का फैसला किया था, लेकिन जनगणना अधिसूचना में यह कॉलम शामिल नहीं किया गया, जिसे ओबीसी के साथ 'धोखाधड़ी' बताया गया। दूसरी मांग एससी, एसटी और ओबीसी के समर्थन में सख्त यूजीसी इक्विटी रेगुलेशन लागू करने की थी। मोर्चा ने आरोप लगाया कि पहले कमजोर यूजीसी रेगुलेशन बनाया गया और फिर सुप्रीम कोर्ट में कमजोर पैरवी कर उस पर रोक लगवा दी गई, जो इन वर्गों के साथ 'धोखाधड़ी' है। तीसरी मांग में 2011 से पहले नियुक्त सभी शिक्षकों को शिक्षक पात्रता परीक्षा (टीईटी) से मुक्त करने की बात कही गई। संगठनों ने चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगों पर शीघ्र और सकारात्मक निर्णय नहीं लिया गया, तो राष्ट्रव्यापी चरणबद्ध आंदोलन को और उग्र एवं व्यापक किया जाएगा। उन्होंने 725 जिला मुख्यालयों पर धरना प्रदर्शन और 23 अप्रैल, 2026 को 'भारत बंद' का आह्वान किया। मोर्चा ने कहा कि आंदोलन के उग्र होने की पूरी जिम्मेदारी शासन-प्रशासन की होगी।
संभल में एलपीजी गैस सिलेंडर की बुकिंग और डिलीवरी में उपभोक्ताओं को हो रही परेशानियों के बाद माध्यमिक शिक्षा राज्य मंत्री गुलाब देवी ने अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए हैं। उन्होंने उपभोक्ताओं को समय पर गैस उपलब्ध कराने को कहा है। शुक्रवार सुबह 11 बजे संभल के चंदौसी कोतवाली कस्बे में स्थित मंत्री गुलाब देवी के आवास पर कई उपभोक्ता एलपीजी गैस बुकिंग न होने की शिकायत लेकर पहुंचे। उपभोक्ताओं की समस्याओं को गंभीरता से लेते हुए मंत्री ने तत्काल जिला आपूर्ति अधिकारी समेत अन्य अधिकारियों से फोन पर बात की। मंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे व्यवस्था को सुधारें। महिलाओं की लंबी-लंबी कतारें लग रही हैं, गरीब लोग लाइन में लगे हुए हैं। उनकी गैस बुक होनी चाहिए और समय पर मिलनी चाहिए। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि भले ही अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कोई भी स्थिति हो, जनता को गैस की कोई परेशानी नहीं होनी चाहिए। घरेलू एलपीजी के सुचारु वितरण को सुनिश्चित करने के लिए संभल में एक महत्वपूर्ण बैठक भी आयोजित की गई। जिलाधिकारी के निर्देश पर एडीएम (वित्त एवं राजस्व) प्रदीप वर्मा की अध्यक्षता में यह बैठक गुरुवार शाम 6 बजे जिला कलेक्ट्रेट बहजोई सभागार में हुई, जो करीब डेढ़ घंटे तक चली। इसमें सभी गैस वितरक, बिक्री अधिकारी और आपूर्ति विभाग के कर्मचारी शामिल हुए। बैठक का समन्वय क्षेत्रीय खाद्य अधिकारी/प्रभारी जिला पूर्ति अधिकारी कमलेश चंद्र ने किया। एडीएम प्रदीप वर्मा ने गैस वितरकों को निर्देश दिए कि वे उपभोक्ताओं के साथ विनम्रतापूर्ण व्यवहार करें और उन्हें बुकिंग व डिलीवरी की पूरी जानकारी दें। उन्होंने विद्यालयों में मध्याह्न भोजन (एमडीएम) के लिए नियमानुसार प्राथमिकता के आधार पर गैस उपलब्ध कराने के भी निर्देश दिए। बिक्री अधिकारियों ने उपभोक्ताओं को बताया कि वे भीम ऐप, यूपीआई, पेटीएम और गूगल पे जैसे डिजिटल माध्यमों से घर बैठे गैस बुक कर सकते हैं। बीपीसीएल के बिक्री अधिकारी प्रतीक उपाध्याय और आईओसीएल के बिक्री अधिकारी जिवतेश ने बताया कि एलपीजी की दैनिक खपत के मुकाबले पर्याप्त स्टॉक है, दो दिन का स्टॉक हमेशा बना रहता है। उपभोक्ता पूर्व में की गई ओटीपी गैस बुकिंग के 25 दिन बाद दोबारा गैस रिफिल प्राप्त कर सकते हैं।
पीलीभीत में दरोगा भर्ती परीक्षा केंद्रों का निरीक्षण:डीएम-एसपी ने अलविदा जुमा नमाज पर भी रखी नजर
पीलीभीत में आगामी पुलिस भर्ती परीक्षा को पारदर्शी ढंग से संपन्न कराने और अलविदा जुमा की नमाज के दौरान शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए जिला प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद है। शुक्रवार, 13 मार्च 2026 को जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक ने संयुक्त रूप से विभिन्न परीक्षा केंद्रों और संवेदनशील क्षेत्रों का सघन निरीक्षण किया। उत्तर प्रदेश उपनिरीक्षक (नागरिक पुलिस) एवं समकक्ष पदों पर सीधी भर्ती-2025 की लिखित परीक्षा को सकुशल, निष्पक्ष और नकल विहीन संपन्न कराने के लिए प्रशासन ने कमर कस ली है। अधिकारियों ने चयनित प्रमुख परीक्षा केंद्रों का दौरा किया।इनमें पीएम ड्रमण्ड इंटर कॉलेज, सिद्दीकी नेशनल इंटर कॉलेज, राजकीय पॉलीटेक्निक कॉलेज, राजकीय बालिका इंटर कॉलेज, रामा इंटर कॉलेज और उपाधि महाविद्यालय शामिल रहे। निरीक्षण के दौरान सीसीटीवी कैमरों की कार्यशीलता, परीक्षार्थियों के प्रवेश और निकास की व्यवस्था, सघन चेकिंग प्रक्रिया, स्ट्रॉन्ग रूम की सुरक्षा और बैठने की समुचित व्यवस्था का बारीकी से अवलोकन किया गया।केंद्र व्यवस्थापकों को सख्त निर्देश दिए गए कि परीक्षा की शुचिता से कोई समझौता न किया जाए। साथ ही, यातायात व्यवस्था को इस प्रकार सुव्यवस्थित रखने को कहा गया ताकि परीक्षार्थियों को किसी असुविधा का सामना न करना पड़े।पवित्र रमजान माह के अलविदा जुमा की नमाज के अवसर पर शहर की जामा मस्जिद और आसपास के क्षेत्रों में सुरक्षा के कड़े इंतजाम देखे गए। जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक ने स्वयं जामा मस्जिद पहुंचकर सुरक्षा व्यवस्थाओं का जायजा लिया।शांति व्यवस्था सुनिश्चित करने के लिए ड्रोन कैमरों की मदद ली गई, जिसके जरिए मस्जिद और घनी आबादी वाले क्षेत्रों की ऊंचाई से निगरानी की गई। संबंधित अधिकारियों को पुलिस बल के साथ निरंतर क्षेत्र में भ्रमणशील रहने के निर्देश दिए गए। किसी भी प्रकार की अफवाह या अप्रिय घटना को रोकने के लिए खुफिया तंत्र को भी सक्रिय रहने को कहा गया है।प्रशासन की इस सक्रियता का उद्देश्य जनपद में कानून व्यवस्था को सुदृढ़ बनाए रखना और महत्वपूर्ण आयोजनों को बिना किसी बाधा के संपन्न कराना है।
सोनभद्र जिले में वन विभाग के पिपरी रेंज अधिकारी पर गंभीर आरोप लगे हैं। एक स्थानीय व्यापारी ने उन पर फोन पर गाली-गलौज करने और जान से मारने की धमकी देने का आरोप लगाया है। पीड़ित ने इस संबंध में जिलाधिकारी से शिकायत कर निष्पक्ष जांच और कार्रवाई की मांग की है। रेणुकूट,सोनभद्र निवासी संतोष जायसवाल, जो किसानों से लकड़ी की खरीद-बिक्री का काम करते हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि पिपरी रेंजर राघवेंद्र ने उन्हें फोन किया। रेंजर ने कथित तौर पर उनसे पूछा कि उनकी लकड़ी जिसके लिए उन्होंने 25,000 रुपये दिए थे क्यों नहीं पहुंची। जायसवाल के अनुसार, उन्होंने रेंजर को बताया कि उन्हें 15,000 रुपये मिले थे और उन्होंने लकड़ी ठेकेदार अमरेंद्र सिंह को दे दी थी। संतोष जायसवाल का आरोप है कि इस बात पर रेंजर राघवेंद्र भड़क गए और उन्हें फोन पर भद्दी-भद्दी गालियां देने लगे।उन्होंने कथित तौर पर जायसवाल को रूम से उठा लेने की धमकी भी दी।जायसवाल ने स्पष्ट किया कि लकड़ी का यह मामला 'शगुन की परमिट वाली लकड़ी'से संबंधित था और उनकी सीधे तौर पर रेंजर राघवेंद्र से कोई बातचीत नहीं हुई थी। पीड़ित ने बताया कि यह घटना 6 तारीख की है।उन्होंने गाली-गलौज और धमकी के संबंध में जिलाधिकारी,पुलिस अधीक्षक और मंत्री को शिकायत भेजी है। जायसवाल ने इतने दिन चुप रहने का कारण अधिकारी के पद का डर बताया। उनके अनुसार, इस पूरे घटनाक्रम की ऑडियो रिकॉर्डिंग उनके पास सबूत के तौर पर मौजूद है, जिसे उन्होंने प्रशासन को सौंपने की बात कही है। संतोष जायसवाल ने कहा कि इस घटना के बाद से वह मानसिक रूप से काफी परेशान हैं और उन्हें अपनी सुरक्षा को लेकर भी भय है। उन्होंने जिलाधिकारी से मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषी अधिकारी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है।उन्होंने यह भी बताया कि अमरेंद्र सिंह लकड़ी का काम करने वाले ठेकेदार हैं और अभी तक इस मामले में कोई कार्रवाई नहीं हुई है। वहीं इस मामले में पिपरी के डीएफओ कमल कुमार का कहना है कि शिकायत की जानकारी मिली है। दोनों पक्षों को बुलाकर बातचीत कराई जाएगी और आवाज की रिकॉर्डिंग की भी जांच कराई जाएगी। जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
नारकोटिक्स टास्क फोर्स (ANTF) ने झालावाड़ की मिश्रौली एमडीएम ड्रग फैक्ट्री में छापेमारी के बाद फरार हुए दो इनामी तस्करों को मध्यप्रदेश से गिरफ्तार किया है। इन दोनों पर 25-25 हजार रुपए का इनाम घोषित था। गिरफ्तार किए गए तस्करों की पहचान गोपाल और नरेंद्र सिंह के रूप में हुई है। एएनटीएफ ने इन्हें मध्यप्रदेश के दो अलग-अलग गांवों से पकड़ा और झालावाड़ पुलिस को सौंप दिया। गौरतलब है कि जनवरी माह में झालावाड़ की भवानीमंडी और मिश्रौली पुलिस ने मिश्रौली के आमलियाखेड़ा स्थित एक पशु बाड़े में कार्रवाई की थी। इस दौरान फैक्ट्री से भारी मात्रा में एमडी ड्रग्स बनाने का केमिकल जब्त किया गया था। हालांकि, दोनों फैक्ट्री संचालक मौके से फरार होने में सफल रहे थे, जिसके बाद पुलिस ने उन पर 25-25 हजार रुपए का इनाम घोषित किया था। एसपी अमित कुमार ने बताया कि एएनटीएफ को सूचना मिली थी कि आरोपी गोपाल सिंह और नरेंद्र सिंह मध्यप्रदेश के आगर जिले के बड़ोद थाना क्षेत्र में अपने रिश्तेदारों के यहां छिपे हुए हैं। इस सूचना पर एएनटीएफ की टीम बड़ोद थाना क्षेत्र के पीपलोन और सुदवास गांव पहुंची। टीम ने खुद को फसल काटने वाली कंबाइन हार्वेस्टर मशीन के ऑपरेटर के रूप में प्रस्तुत किया और आरोपियों के रिश्तेदारों के घरों व खेतों की रेकी की। इसके बाद टीम ने अलग-अलग हिस्सों में बंटकर आरोपियों के ठिकानों पर छापा मारा और दोनों को बीती रात गिरफ्तार कर लिया।
औरैया में सड़क हादसे में भतीजे की मौत:तेज रफ्तार वाहन ने बाइक को मारी टक्कर, चाचा घायल
एक सड़क हादसे में 22 वर्षीय युवक की मौत हो गई, जबकि उसका चाचा गंभीर रूप से घायल हो गया। यह घटना गुरुवार शाम जुहीखा यमुना पुल के पास हुई, जब एक तेज रफ्तार वाहन ने उनकी बाइक को टक्कर मार दी। भिंड के उमरी निवासी दीपचंद्र (27) अपने भतीजे अजीत उर्फ सोनू (22) के साथ गुरुवार शाम करीब 7:30 बजे भीखेपुर-जुहीखा मार्ग पर सेंगनपुर की ओर जा रहे थे। जुहीखा यमुना पुल के पास पहुंचते ही उनकी बाइक को एक तेज रफ्तार वाहन ने टक्कर मार दी, जिससे दोनों गंभीर रूप से घायल हो गए। राहगीरों की सूचना पर पहुंची पुलिस ने दोनों घायलों को सीएचसी अयाना पहुंचाया। वहां डॉक्टरों ने उनकी नाजुक हालत देखते हुए उन्हें चिचौली मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया। इलाज के दौरान अजीत उर्फ सोनू ने दम तोड़ दिया। अजीतमल कोतवाली क्षेत्र के सराय टड़वा निवासी दीपचंद्र के बहनोई सुनील ने बताया कि दीपचंद्र के बाबा का कुछ दिन पहले निधन हो गया था। वे दोनों उनके त्रियोदशी संस्कार के लिए रिश्तेदारों को कार्ड बांटने निकले थे। जालौन के गोहन थाना क्षेत्र के बिजदुवां में एक रिश्तेदार को कार्ड देने के बाद वे शाम को सराय टड़वा स्थित सुनील के घर आ रहे थे, तभी यह हादसा हुआ। थानाध्यक्ष जय प्रकाश पाल ने बताया कि मेडिकल कॉलेज से मिले मेमो के आधार पर शव का पोस्टमार्टम करवाया गया है। उन्होंने आश्वासन दिया कि मामले में तहरीर मिलने पर प्राथमिकी दर्ज कर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
बलिया के जिलाधिकारी मंगला प्रसाद सिंह ने शुक्रवार को विकास भवन स्थित विभिन्न विभागीय कार्यालयों का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान कई कार्यालयों में अव्यवस्था, गंदगी और अनावश्यक सामान पाए जाने पर उन्होंने गहरी नाराजगी व्यक्त की और अधिकारियों को तत्काल सुधार के निर्देश दिए। जिलाधिकारी ने सहायक आयुक्त एवं निबंधन सहकारिता विभाग का निरीक्षण करते हुए वहां रखी अनावश्यक अलमारियों को तुरंत हटाने का निर्देश दिया। उन्होंने स्पष्ट किया कि कार्यालय में कर्मचारियों की संख्या के अनुरूप ही टेबल और कुर्सियां रखी जाएं तथा सभी अनावश्यक वस्तुओं को हटाया जाए। इसके बाद, उन्होंने जिला कृषि कार्यालय का भी निरीक्षण किया, जहां अनावश्यक अलमारियां, गंदे डस्टबिन और खराब साफ-सफाई देखकर कड़ी नाराजगी जताई। उन्होंने कार्यालय की नियमित साफ-सफाई और रंगाई-पुताई कराने के निर्देश दिए। भंडार कक्ष के निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने फाइलों को व्यवस्थित ढंग से रखने के निर्देश दिए। साथ ही, फाइलों की सुरक्षा के लिए दो-दो लोहे की रेलिंग लगाने और पर्याप्त रोशनी सहित अन्य आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने को कहा। जिला ग्राम्य विकास अभिकरण के निरीक्षण में कार्यालय परिसर की दीवारों पर पान की पीक मिलने पर उन्होंने सख्ती दिखाई। उन्होंने जिला विकास अधिकारी को निर्देश दिया कि दीवारों पर पान थूकने वालों से 500 रुपये का जुर्माना वसूला जाए। जिला पंचायत राज विभाग के कार्यालय में कंप्यूटर कक्ष का निरीक्षण करते हुए जिलाधिकारी ने जानकारी ली कि जिले की 940 ग्राम पंचायतों में कितने पंचायत सहायक अपने-अपने कार्यालयों में नियमित रूप से बैठते हैं। उन्होंने यहां चार एलईडी स्क्रीन लगाने के निर्देश दिए, ताकि पंचायत सहायकों की उपस्थिति की निगरानी की जा सके। साथ ही, जिला पंचायत राज अधिकारी को अनावश्यक अलमारियां हटाने और कंप्यूटर कक्ष में कंट्रोल रूम स्थापित करने का निर्देश दिया। जिला समाज कल्याण विभाग के निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने कंप्यूटर कक्ष और आईजी आरएस कक्ष को दूसरी जगह स्थानांतरित करने के निर्देश दिए। उन्होंने सभी विभागीय अधिकारियों को चेतावनी दी कि यदि किसी कार्यालय के सामने गंदगी पाई गई तो संबंधित कर्मचारी का वेतन रोक दिया जाएगा। इसके अतिरिक्त, जिलाधिकारी ने विकास भवन में स्थित आरओ प्लांट को भी बाहर स्थानांतरित करने का निर्देश दिया। इस औचक निरीक्षण के दौरान डीडीओ आनंद प्रकाश, जिला कृषि अधिकारी सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे।
गुरुग्राम में फोन लूट केस में 7 साल जेल:पिस्टल दिखाकर छीना था मोबाइल; कोर्ट ने जुर्माना भी किया
गुरुग्राम की एक अदालत ने पिस्टल के बल पर मोबाइल फोन लूटने के मामले में आरोपी को दोषी ठहराते हुए कड़ी सजा सुनाई है। अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश संदीप चौहान की अदालत ने आरोपी नोमान उर्फ रिहान को 7 वर्ष के कठोर कारावास और 10 हजार रुपए जुर्माने की सजा सुनाई है। 2019 में हुई थी वारदात यह घटना 20 दिसंबर 2019 की है। पीड़ित ने थाना सेक्टर-7 आईएमटी मानेसर में शिकायत दर्ज कराई थी कि वह सन वैक्यूम कंपनी के पास मौजूद था, तभी बाइक पर सवार दो युवक आए और पिस्टल दिखाकर उसका मोबाइल फोन छीनकर फरार हो गए। पुलिस ने उसी दिन किया था गिरफ्तार शिकायत मिलते ही पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू की। त्वरित कार्रवाई करते हुए पुलिस ने उसी दिन आरोपी नोमान उर्फ रिहान को गिरफ्तार कर लिया। आरोपी राजस्थान के अलवर जिले के कारण्डा गांव का निवासी है। सबूतों और गवाहों के आधार पर दोषी करार पुलिस ने जांच के दौरान आवश्यक सबूत जुटाए और गवाहों के बयान दर्ज किए। सभी तथ्यों को अदालत में पेश करते हुए चार्जशीट दाखिल की गई। सुनवाई के बाद, 13 मार्च को अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश संदीप चौहान की कोर्ट ने आरोपी को दोषी करार दिया। कोर्ट ने सुनाई दो अलग-अलग सजाएं कोर्ट ने नोमान उर्फ रिहान को भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 392 और 397 के तहत 7 वर्ष के कठोर कारावास और 10 हजार रुपए जुर्माने की सजा सुनाई। इसके अलावा, शस्त्र अधिनियम की धारा 25(1B) के तहत 3 वर्ष के कठोर कारावास और 5 हजार रुपये जुर्माने की सजा भी दी गई है।
बिजनौर जिले की चांदपुर विधानसभा सीट से समाजवादी पार्टी के विधायक स्वामी ओमवेश का कहना है–अपने क्षेत्र में मैंने हिंदू मुसलमान की लड़ाई नहीं होने दी। इसकी निगरानी ही मेरा सबसे बड़ा काम रहा। क्योंकि मैं हिंदू मुस्लिम सिख इसाई आपस में हैं सब भाई भाई का नारा देकर चुनाव लड़े थे। मैंने उसको सार्थक करके दिखाया। मेरे क्षेत्र में कोई भी इस तरह का झगड़ा नहीं हुआ। बाकी अगर क्षेत्र में विकाय कार्यों की बात करूं तो10 में से 11 नंबर देने का काम किया है। 2027 के चुनाव में दावेदार नहीं हूं। सपा विधायक स्वामी ओमवेश से भास्कर रिपोर्टर ने खास बातचीत की। पढ़िए पूरा इंटरव्यू… सवाल: अपने क्षेत्र में कौन-कौन से बड़े काम कराए हैं? जवाब: विपक्ष का विधायक होते हुए जितने कार्य मैंने अपने क्षेत्र चांदपुर में कराए हैं ना तो कोई कर सकता है ना किसी ने आज तक कराए हैं। सवाल: आप अपने काम को 10 में से कितने नंबर देते हैं? जवाब: मैं अपने काम को लेकर 10 में से 11 नंबर दूंगा। क्षेत्र में इतनी सड़के बनवाई गई हैं, कोई भी सड़क बनवाने की अब मांग नहीं करता। सार्वजनिक रूप से जितने भी कार्य मैंने कराए हैं, वो 10 में से 11 नंबर वाले हैं। सवाल: कोई ऐसा काम जो आप न करा सके हों? जवाब: जलीलपुर ब्लॉक में ग्राम जहानाबाद से नारनौर तक तटबंध का काम अधूरा है। हालांकि जल शक्ति मंत्री ने विधानसभा के अंदर कही थी कि इसका एस्टीमेट बनाकर हमने केंद्र सरकार को भेज दिया है। जल्द ही स्वीकृत होकर आ जाएगा। यही बड़ा काम बाकी है। बाकी मेरे क्षेत्र में अब कोई कार्य ऐसा नहीं रहा जो कराना बाकी रह गया। सवाल: क्या 2027 के चुनाव में आप टिकट के दावेदार हैं? जवाब: नहीं, मैं दावेदार नहीं हूं। मैं 2027 का चुनाव नहीं लडूंगा। मैंने राष्ट्रीय अध्यक्ष को भी बता दिया है। उन्होंने पूछा फिर किसे लड़ाओगे। इस पर मेरा जवाब था कि संसार चौधरी चुनाव लड़ेंगे। अब उनका टिकट पार्टी तय करेगी। सवाल : 2027 में क्या समीकरण रहेगा? जवाब: प्रदेश में अखिलेश यादव की सरकार बनेगी। कोई रोक नहीं सकता। सारे समीकरण सपा के फेवर में बन रहे हैं।
शिवदयाल चौरसिया की जयंती मनाई गई:सपा कार्यालय में जिलाध्यक्ष बोले- पहले पिछड़ा वर्ग आयोग के सदस्य थे
समाजवादी पार्टी के जिला कार्यालय (लोहिया वाहिनी), कंसापुर ज्ञानपुर में स्वतंत्रता संग्राम सेनानी और समाजवादी विचारक शिवदयाल चौरसिया की जयंती मनाई गई। इस अवसर पर पार्टी कार्यकर्ताओं ने उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की। जिलाध्यक्ष प्रदीप यादव ने शिवदयाल चौरसिया को महान समाज सुधारक, सामाजिक न्याय का पुरोधा और देश के पहले पिछड़ा वर्ग आयोग का सदस्य बताया। उन्होंने कहा कि चौरसिया जी को उनकी जयंती पर शत-शत नमन। प्रदीप यादव ने बताया कि पहले पिछड़ा वर्ग आयोग में उनका 67 पेज का असहमति नोट ही आगे चलकर मंडल कमीशन की रिपोर्ट तैयार करने की बुनियाद बना। चौरसिया जी राज्यसभा के सदस्य भी रहे और उन्होंने अंतिम सांस तक न्यायालय से लेकर सड़क तक वंचित तबके के हकों की लड़ाई लड़ी। इस कार्यक्रम में जिला महासचिव ह्रदय नारायण प्रजापति, संतोष यादव, राजेंद्र दुबे, सरिता बिंद, प्रदीप वियोगी, सुरेश साहु, डॉ. पवन विश्वकर्मा, रवि यादव, महेंद्र गोड, एसपी चौहान, प्रमोद पाल, मनोज कनौजिया, अयोध्या साहु, लालजीत दुबे सदलु, सुनील यादव, मिल्लु यादव, बिमल मिश्र और जिला मीडिया प्रभारी धर्मेंद्र कुमार मिश्र पप्पू सहित कई कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
जामताड़ा शहर के लोगों ने सदर अस्पताल में 24 घंटे बाल रोग विशेषज्ञ की उपलब्धता की मांग को लेकर शहरवासियों ने शुक्रवार को उपायुक्त रवि आनंद से मुलाकात की और उन्हें एक ज्ञापन सौंपा। यह मांग गुरुवार को एक तीन वर्षीय बच्चे की इलाज के दौरान हुई मौत के बाद उठी है। गुरुवार को जामताड़ा शहर के शंटू साव के तीन वर्षीय पुत्र अंशु साव की इलाज के अभाव में मौत हो गई थी। इस घटना से शहरवासियों में गहरा आक्रोश है। आक्रोशित लोगों ने जामताड़ा उपायुक्त से सदर अस्पताल में एक बाल रोग विशेषज्ञ डॉक्टर की 24 घंटे उपलब्धता सुनिश्चित करने की मांग की। इस संबंध में झारखंड सरकार के साथ-साथ केंद्र सरकार को भी ज्ञापन की प्रति भेजी गई है। स्वास्थ्य मंत्री का पुतला दहन कर विरोध प्रदर्शन किया इसके बाद, शहर के लोगों ने जामताड़ा के इंदिरा चौक पर झारखंड के स्वास्थ्य मंत्री डॉ. इरफान अंसारी का पुतला दहन कर विरोध प्रदर्शन किया। और मुर्दाबाद के नारे भी लगाए। शहर के जितेंद्र कुमार सिंह ने बताया कि उन्होंने स्वयं एक 3 साल के बच्चे को इलाज के अभाव में मरते देखा है। उन्होंने इसे 'हृदय विदारक घटना' बताते हुए कहा कि जामताड़ा एक पिछड़ा इलाका है और यहां के लोग दुर्गापुर, आसनसोल, धनबाद जैसे बड़े अस्पतालों में इलाज का खर्च वहन नहीं कर सकते। उन्होंने मानवता के आधार पर डीसी से बाल रोग विशेषज्ञ की नियुक्ति का आग्रह किया। वहीं, आकाश साहू ने स्वास्थ्य व्यवस्था की लचर स्थिति पर चिंता व्यक्त की। उन्होंने कहा कि जामताड़ा को जिला बने 26 वर्ष हो गए हैं, लेकिन स्वास्थ्य सेवाएं अभी भी खराब हैं। उन्होंने इस बात पर भी दुख जताया कि प्रदेश के स्वास्थ्य मंत्री उनके ही विधानसभा क्षेत्र से हैं, फिर भी जिले में स्वास्थ्य सुविधाओं का अभाव है, जिसके कारण बच्चों की मौत हो रही है। सदर अस्पताल जामताड़ा में बच्चों के लिए ना तो आईसीयू है और ना ही कोई डॉक्टर, पूरे जिले में किसी बच्चे को कुछ हो जाए तो असमंजस की स्थिति है कि लोग कहां जाएं। यहां के जन्मपत्नी नदी एक दूसरे पर आरोप प्रत्यारोप लगाते हैं इसीलिए हम सभी युवा वर्ग आगे आकर इन मुद्दों को उठा रहे हैं और आक्रोशित हैं जिससे उपायुक्त को ज्ञापन सौंप दे रहे हैं और भारत सरकार के स्वास्थ्य मंत्री को भी भेजेंगे। इस मौके पर शहर के बड़ी संख्या में लोग उपस्थित रहे। मौके पर राजकुमार यादव, निशा रवानी, रूपा बाबरी, छोटू साहू, गौरव मंडल, कैलाश सिंह,अनिल साहू, सही बड़ी संख्या में लोग मौजूद रहें।
जिलाधिकारी शैलेष कुमार ने जनपदवासियों से अपील की है कि जिले में रसोई गैस की किल्लत को लेकर फैल रही भ्रामक एवं अपुष्ट खबरों पर ध्यान न दें। उन्होंने स्पष्ट किया कि जनपद में एलपीजी गैस की पर्याप्त उपलब्धता है और आम जनता को किसी प्रकार की परेशानी नहीं होगी। जिलाधिकारी ने बताया कि कुछ सोशल मीडिया प्लेटफॉर्मों पर गैस की कमी को लेकर गलत सूचनाएं प्रसारित की जा रही हैं, जो पूरी तरह निराधार हैं। उन्होंने जनपदवासियों से अनुरोध किया कि ऐसी अफवाहों से बचें और केवल आधिकारिक सूचनाओं पर ही विश्वास करें। साथ ही, उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया है कि गैस एजेंसियों के माध्यम से आपूर्ति व्यवस्था को सुचारु रूप से बनाए रखें। किसी भी प्रकार की समस्या की सूचना तत्काल प्रशासन को उपलब्ध कराई जाए। जिलाधिकारी ने आमजन से जनहित में शांति एवं व्यवस्था बनाए रखने और भ्रामक खबरों के प्रसार से बचने की अपील की।
बलिया कलक्ट्रेट में शुक्रवार को भारत मुक्ति मोर्चा और राष्ट्रीय पिछड़ा वर्ग मोर्चा के सदस्यों ने अपनी मांगों को लेकर प्रदर्शन किया। उन्होंने राष्ट्रपति को संबोधित एक ज्ञापन जिलाधिकारी प्रतिनिधि को सौंपा। मोर्चा के सदस्यों ने जाति आधारित जनगणना, ओबीसी के साथ कथित धोखाधड़ी, एससी, एसटी, ओबीसी के समर्थन में सख्त यूजीसी बिल लागू करने और 2011 से पहले नियुक्त शिक्षकों को शिक्षक पात्रता परीक्षा (टीईटी) से मुक्त करने की मांग की। उनकी प्रमुख मांगों में केंद्र सरकार द्वारा कैबिनेट में ओबीसी की जाति आधारित जनगणना का फैसला करने के बावजूद जनगणना नोटिफिकेशन में ओबीसी के लिए जाति कॉलम शामिल न करना शामिल था। उन्होंने इसे ओबीसी के साथ धोखाधड़ी बताते हुए राष्ट्रीय जनगणना में ओबीसी और जाति कॉलम जोड़ने की मांग की। मोर्चा ने आरोप लगाया कि कमजोर यूजीसी इक्विटी रेगुलेशन बनाना और फिर सुप्रीम कोर्ट में कमजोर पैरवी कर उस पर रोक लगवाना एससी-एसटी-ओबीसी के साथ धोखा है। उन्होंने एससी-एसटी-ओबीसी के समर्थन में सख्त यूजीसी इक्विटी रेगुलेशन बनाकर लागू करने की मांग की। इसके अतिरिक्त, उन्होंने 2011 से पहले नियुक्त सभी शिक्षकों को शिक्षक पात्रता परीक्षा (टीईटी) से मुक्त करने की भी मांग की। मोर्चा के सदस्यों ने चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगों पर शीघ्र सकारात्मक निर्णय नहीं लिया गया, तो भारत मुक्ति मोर्चा और राष्ट्रीय पिछड़ा वर्ग मोर्चा संवैधानिक और शांतिपूर्ण तरीके से इस राष्ट्रव्यापी जनआंदोलन को और अधिक उग्र एवं व्यापक करेंगे। इसकी पूरी जिम्मेदारी शासन-प्रशासन की होगी।
कोटा में एक घंटे में 3 जगह लगी आग:झाड़ियां और गेहूं की फसल जली; फायरब्रिगेड की गाड़ियों ने पाया काबू
कोटा शहर में शुक्रवार को अलग-अलग जगहों पर आग लगने की कई घटना सामने आई है। तीनों जगह करीब 1 घंटे के अंदर ही आग लगी। सूचना पर दमकल विभाग की टीम मौके पर पहुंचीं। मुख्य अग्निशमन अधिकारी राकेश व्यास ने बताया कि पहले रायपुरा कैथून रोड पर आग लगने की सूचना मिली थी। अलजाना रिसोर्ट के पास एक एरिया में गेहूं की फसल में आग लग गई थी। फायर ब्रिगेड की तीन गाड़ियों को मौके पर भेजा और आग को बुझाया। बालाजी मार्केट रजत सिटी के बिल्डिंग के पास भी आग लगी थी। एक फायर ब्रिगेड को मौके पर भेजकर आग पर काबू पाया। आग एक बाउंड्री के अंदर झाड़ियों में लगी थी। शहर के ट्रेचिंग ग्राउंड में भी आग लगने की घटना हुई, जिससे वहां धुआं उठता दिखाई दिया। ट्रेचिंग ग्राउंड में लगातार बार-बार आग लगने की घटना हो रही है। लगातार सामने आई इन घटनाओं के बाद दमकल विभाग की टीमें अलग-अलग स्थानों पर पहुंचकर आग बुझाने में जुटी रहीं। सभी जगहों पर आग पर काबू पा लिया गया है। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार इन घटनाओं में किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है। तेज गर्मी में हर बार आग लगने की घटनाएं बढ़ती है।
टोंक जिले में माहे रमजान के आखिरी शुक्रवार पर जुमातुल विदा की नमाज अदा की गई। जिलेभर की मस्जिदों में हजारों नमाजियों ने एक साथ नमाज पढ़कर देश और समाज में अमन-चैन व भाईचारे की दुआएं मांगी। जामा मस्जिदों में किए गए विशेष इंतजाम जुमातुल विदा की नमाज को लेकर शहर में विशेष इंतजाम किए गए। नगर परिषद, जिला प्रशासन, मस्जिद कमेटी से जुड़े नौजवानों और दुकानदारों ने व्यवस्थाओं में सहयोग किया। काफला जामा मस्जिद के बाहर नमाजियों के लिए एक तरफ सुभाष बाजार और दूसरी तरफ बर्फ वाली गली तक नमाज की व्यवस्था की गई थी। इसके अलावा जिलेभर की कई जामा मस्जिदों में भी नमाज अदा की गई। बड़ा कुआ क्षेत्र में भी उमड़ी भीड़ शाही जामा मस्जिद बड़ा कुआ क्षेत्र में भी जुमातुल विदा की नमाज के लिए विशेष इंतजाम किए गए थे। यहां भी बड़ी संख्या में नमाजी पहुंचे और सामूहिक रूप से नमाज अदा कर दुआएं कीं। एकता और भाईचारे का दिया संदेश नमाज के दौरान मौलानाओं ने एकता और भाईचारे पर जोर देते हुए लोगों को नेक राह पर चलने का संदेश दिया। नमाज के बाद हजारों लोगों ने देश में अमन-चैन और खुशहाली के लिए दुआएं मांगी। बाजारों में दिखी ईद की खरीदारी जुमातुल विदा की नमाज के बाद शहर के बाजारों में ईद की खरीदारी को लेकर रौनक देखने को मिली। काफला बाजार, छावनी, बड़ा कुआ क्षेत्र और लाडली बेगम की मस्जिद के आसपास लोगों की भीड़ नजर आई। कई बच्चों ने रखे रोजे, हुए इफ्तार कार्यक्रम जुमातुल विदा के मौके पर कई बच्चों ने भी रोजे रखे। वहीं शहर के कई स्थानों पर सामूहिक रोजा इफ्तार के कार्यक्रम भी आयोजित किए गए। चांद दिखने पर तय होगी ईद की तारीख उल्लेखनीय है कि इस बार यदि रमजान का महीना 29 दिनों का होता है और 29 रमजान को चांद दिखाई देता है तो 20 मार्च को ईद मनाई जाएगी। वहीं यदि चांद 30वें रोजे के बाद नजर आता है, तो 20 मार्च को एक और अलविदा जुमे की नमाज अदा की जा सकती है।
पन्ना जिले के शाहनगर थाना क्षेत्र के ग्राम तुल्ला में शुक्रवार दोपहर खेत से गेहूं की फसल लेकर जा रही एक ट्रैक्टर-ट्रॉली में अचानक आग लग गई। इस आगजनी में किसान की मेहनत की पूरी फसल जलकर राख हो गई। घटना में मनीराम पटेल निवासी मलघन की 15 क्विंटल उपज जलकर राख हो गई है। बताया जा रहा है कि किसान खेत से गेहूं की कटाई कर फसल को ट्रॉली में भरकर ले जा रहा था। तभी ग्राम तुल्ला के पास ट्रॉली के ऊपर से गुजर रही बिजली की लाइन से शॉर्ट सर्किट हुआ और निकली चिंगारी ने पूरी फसल को चपेट में ले लिया। देखते ही देखते ट्रॉली धूं-धूं कर जलने लगी और आग ने विकराल रूप ले लिया। ग्रामीणों की सूझबूझ से बचा ट्रैक्टर आग की लपटें इतनी तेज थीं कि आसमान में काला धुआं दूर से ही नजर आ रहा था। मौके पर मौजूद ग्रामीणों ने अपनी जान जोखिम में डालकर गजब की हिम्मत दिखाई। उन्होंने तुरंत ट्रैक्टर के इंजन को जलती हुई ट्रॉली से अलग कर दिया। ग्रामीणों की इस फुर्ती की वजह से ट्रैक्टर का इंजन सुरक्षित बच गया, वरना आग पूरे ट्रैक्टर को खाक कर सकती थी। मुआवजे की मांग इस हादसे में किसान की साल भर की मेहनत यानी पूरी गेहूं की फसल बर्बाद हो गई है। किसान को हुए इस बड़े आर्थिक नुकसान को देखते हुए अब गांव के लोगों ने प्रशासन से गुहार लगाई है। ग्रामीणों का कहना है कि पीड़ित किसान की मदद की जाए और उसे शासन की ओर से उचित मुआवजा दिया जाए ताकि वह इस मुसीबत से उबर सके।
चंदौली के जिलाधिकारी (DM) चंद्र मोहन गर्ग ने रसोई गैस की कालाबाजारी, जमाखोरी और अधिक वसूली रोकने के लिए पहल की है। उन्होंने जनपद के सभी मजिस्ट्रेट स्तर के अधिकारियों को इसकी निगरानी की जिम्मेदारी सौंपी है। DM ने बताया कि जिले की सभी 40 गैस एजेंसियों पर मजिस्ट्रेट स्तर के अधिकारी निगरानी करेंगे। इसके अतिरिक्त, एक कंट्रोल रूम भी स्थापित किया गया है, जिसकी निगरानी और नोडल अधिकारी जिला पूर्ति अधिकारी वासदेव तिवारी को नामित किया गया है। यह कदम इराक, इजरायल और अमेरिका के बीच चल रहे तनाव के कारण खाड़ी देशों में बनी स्थिति के मद्देनजर उठाया गया है। इस तनाव से रसोई गैस और पेट्रोलियम पदार्थों की संभावित कमी का माहौल बन गया है, जिसके चलते गैस सिलेंडर लेने के लिए एजेंसियों पर लंबी कतारें देखी जा रही हैं। उपभोक्ताओं को भविष्य में रसोई गैस की किल्लत की आशंका है। इसी आशंका को देखते हुए DM चंद्र मोहन गर्ग ने पेट्रोलियम कंपनी के अधिकारियों और गैस एजेंसी संचालकों के साथ बैठक कर स्थिति की समीक्षा की। कंपनियों के अधिकारियों ने आश्वासन दिया है कि जनपद में डीजल, पेट्रोल और रसोई गैस की आपूर्ति सुचारू रूप से जारी रहेगी। DM ने यह भी बताया कि सोशल मीडिया के माध्यम से कुछ लोगों ने माहौल खराब करने का प्रयास किया था, लेकिन धरातल पर स्थिति सामान्य है। गैस एजेंसियों पर रसोई गैस सिलेंडर पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध हैं और उपभोक्ता अपनी बुकिंग कराकर सिलेंडर प्राप्त कर सकते हैं। उन्होंने जनता से आपसी समन्वय और धैर्य बनाए रखने की अपील की। अधिकारियों द्वारा लगातार निगरानी की जा रही है। DM ने चेतावनी दी कि यदि जमाखोरी, ब्लैक मार्केटिंग या अधिक वसूली के मामले सामने आते हैं, तो संबंधित व्यक्तियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि जनता के हितों के साथ किसी भी प्रकार की अनदेखी बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
सिरसा जिले के डबवाली उपमंडल में एलपीजी गैस की आपूर्ति को लेकर शुक्रवार को एसडीएम अर्पित संगल ने सभी गैस एजेंसी संचालकों के साथ बैठक की। बैठक उनके कार्यालय कक्ष में आयोजित की गई, जिसमें उन्होंने एजेंसियों को उपमंडल में गैस की सुचारु आपूर्ति सुनिश्चित करने और उपभोक्ताओं को किसी भी प्रकार की असुविधा से बचाने के निर्देश दिए। एसडीएम अर्पित संगल ने बताया कि वर्तमान में उपमंडल में एलपीजी गैस वितरण में किसी प्रकार की कमी नहीं है। उन्होंने कहा कि यदि कोई व्यक्ति गैस का अनावश्यक भंडारण करता है, तो एजेंसी प्रतिनिधि इसकी सूचना तुरंत प्रशासन को दें, ताकि आवश्यक कार्रवाई की जा सके। शिकायतों का शीघ्र समाधान करने के निर्देश एसडीएम ने कहा कि एलपीजी गैस की बुकिंग या वितरण से संबंधित किसी भी उपभोक्ता को यदि परेशानी आती है, तो संबंधित एजेंसी उसका शीघ्र समाधान सुनिश्चित करे। उन्होंने स्पष्ट किया कि जिले में घरेलू एलपीजी कनेक्शन की आपूर्ति पूरी तरह सामान्य है और सभी वितरक एजेंसियां नियमित रूप से तेल व गैस की आपूर्ति जारी रखें। शिकायतों के निपटारे के लिए व्यवस्था एसडीएम संगल ने बताया कि यदि किसी उपभोक्ता की समस्या का समाधान एजेंसी स्तर पर नहीं हो पाता है, तो वह खाद्य एवं आपूर्ति विभाग में अपनी शिकायत दर्ज करवा सकता है। विभाग को ऐसी सभी शिकायतों का समयबद्ध और उचित समाधान सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं। अफवाहों से बचने की अपील एसडीएम ने उपमंडल वासियों से अपील की कि वे किसी भी प्रकार की अफवाह या भ्रामक जानकारी पर विश्वास न करें। उन्होंने कहा कि प्रशासन पूरी तरह सतर्क है और उपभोक्ताओं को गैस की आपूर्ति में किसी प्रकार की दिक्कत नहीं आने दी जाएगी।
बूंदी के नैनवां शहर के वार्ड नंबर 16 भवानी नगर में एक आवारा सांड ने राहगीरों को परेशान किया। स्थानीय लोगों की शिकायत पर नगर पालिका की टीम ने कार्रवाई करते हुए सांड को पकड़कर गौशाला भिजवाया। शिकायत में बताया गया कि यह सांड आक्रामक हो गया था और आने-जाने वाले लोगों के पीछे पड़ रहा था, जिससे क्षेत्र में भय का माहौल बन गया था। सूचना मिलते ही नगर पालिका के कर्मचारी मौके पर पहुंचे। गोसेवकों की मदद से काफी मशक्कत के बाद सांड पर काबू पाया गया। इसके बाद उसे सुरक्षित तरीके से पकड़कर गौशाला भेज दिया गया। इस कार्रवाई से क्षेत्रवासियों ने राहत की सांस ली। सफाई निरीक्षक विजय कुमार ने बताया कि जनहानि रोकने के लिए आमजन की शिकायत पर तुरंत कार्रवाई की गई है। कंटेंट: अश्विनी शर्मा, नैनवां
लखनऊ में मेड ने सोने के जेवर चुराए:काम पर आना किया बंद, पुलिस बुलाने पर चोरी की बात कबूल की
लखनऊ के आशियाना इलाके में मेड पर जेवर चोरी करने का आरोप लगा है। परिवार ने शक होने पर पुलिस बुलाई। इस पर मेड ने चोरी कबूल करते हुए सामान लौटाने की बात कही। सेक्टर-एन आशियाना निवासी रत्नेश शर्मा ने बताया कि उनके घर में सेक्टर एम रिक्शा कॉलोनी निवासी लक्ष्मी भारती पत्नी नरेश भारती पिछले करीब 11 महीनों से साफ-सफाई और बर्तन धोने का काम कर रही थी। दिसंबर में उसने उनकी मां का करीब 7.5 ग्राम सोने का कंगन चोरी कर लिया। उस समय किसी को जानकारी नहीं हुई। रत्नेश ने बताया कि 28 फरवरी को उनकी छोटी बहन ससुराल जाने के लिए तैयार हो रही थी। तभी उसके जेवर गायब मिले। इसमें दो जोड़ी कान के टॉप्स और एक अंगूठी शामिल थी। जिनका कुल वजन करीब 29 ग्राम था। घर में काफी तलाश की गई लेकिन सामान नहीं मिला। चोरी के बाद नहीं आई मेड तो गहराया शक उसी दिन लक्ष्मी काम पर नहीं आई। फोन करने पर उसने तबीयत खराब होने और घर पर होने की बात कही। इस दौरान पता चला कि वह घर के पीछे किसी अन्य मकान में काम कर रही है। शक होने पर परिवार के लोग वहां पहुंचे तो वह भागने लगी। इस पर कॉल कर पुलिस बुलाई गई। परिवार का आरोप है कि पुलिस के आने के बाद लक्ष्मी ने उनकी मां के जेवर चोरी करने की बात स्वीकार की और सामान लौटाने की बात कही। पीड़ित परिवार ने आशियाना थाने में मुकदमा दर्ज करवाया है। मामले में इंस्पेक्टर आशियाना का कहना है जांच की जा रही है।
गोरखपुर के रामगढ़ताल इलाके में 10 मार्च को पैसे की लेनदेन में युवक को दो गोलियां मारी गई थी। गोली उसके पैर में लगी थी। इस मामले में पुलिस ने 04 आरोपियों को गुरुवार की देर रात गिरफ्तार कर घटना का पर्दाफाश कर दिया। पकड़े गए आरोपियों की पहचान बड़हलगंज के महुआपार निवासी पंकज शाही, गगहा कोठा का सर्वेश उर्फ राहुल सिंह, गगहा बांसुडीला का लालू यादव और ठठौली गांव के युवराज सिंह उर्फ राज के रूप में हुई। आरोपियों के पास से 01 पिस्टल, 01 तमंचा, जिंदा कारतूस और एक एक्सयूवी कार पुलिस ने बरामद किया है। इसमे पंकज शाही पर 6, सर्वेश उर्फ राहुल सिंह 7, लालू यादव 4 और युवराज सिंह पर 6 मुकदमा दर्ज है। सभी आरोपी पहले से अपराध में लिप्त रहे हैं। पुलिस इनका गैंगचार्ट भी तैयार कर रही है। आर्थक सिंह से खरीदा था पिस्टल और तमंचा आरोपियों से पूछताछ में जेल में बंद बेतियाहाता निवासी आर्थक प्रताप सिंह का भी नाम सामने आया। आर्थक सिंह भाजपा नेता आदित्य सिंह का बेटा है। पुलिस के मुताबिक, 6 माह पहले आर्थक प्रताप सिंह ने युवराज सिंह उर्फ राज को अवैध पिस्टल और एक तमंचा बेचा था। उसी तमंचे से रामगढ़ताल क्षेत्र में प्रियांशु सिंह को दो गोलियां मारी गई थीं। पुलिस अब आर्थक को भी रिमांड पर लेकर पूछताछ करेगी। आर्थक सिंह हाल ही में कोतवाली थाना क्षेत्र के आर्यनगर स्थित छात्रनेता उज्ज्वल यादव के घर के चढ़कर पिस्टल से फायरिंग की थी। छात्रनेता की मां को घर में घुसकर कई थप्पड़ भी बरसाए थे। इस मामले में कोतवाली पुलिस ने आर्थक सिंह का उसके साथियों के साथ पकड़कर कानूनी कार्रवाई करते हुए जेल भिजवा दिया था। पैसे की लेनदेन में बुलाकर मारी गई थी गोलीपुलिस लाइन के व्हाइट हाउस में शुक्रवार को प्रेस कांफ्रेंस करते हुए एसपी सिटी अभिनव त्यागी ने बताया कि 10 मार्च की रात बड़हलगंज के महुआपार में रहने वाले पंकज शाही ने बुद्ध विहार पार्ट सी में रहने वाले शशांक त्रिपाठी को साढ़े तीन लाख रुपये लौटाने के बहाने चिड़ियाघर के पास बुलाया था। वहां पहले से मौजूद युवराज, राहुल और लालू ने शशांक और उसके मित्र प्रियांशु सिंह पर हमला कर दिया था। फायरिंग में गोला के दीपगढ में रहने वाले प्रियांशु के दोनों पैरों में गोली लगी। जबकि शशांक का सिर पिस्टल के बट से हमला कर फोड़ दिया गया। पुलिस रिकार्ड के अनुसार युवराज सिंह गगहा थाने का हिस्ट्रीशीटर है और उसके विरुद्ध हत्या, हत्या के प्रयास, पॉक्सो एक्ट, आर्म्स एक्ट और गैंगस्टर समेत कई संगीन धाराओं में मुकदमे दर्ज हैं। उस पर पहले एनएसए की भी कार्रवाई हो चुकी है।
सीकर शहर में पुरोहित की ढाणी रोड को 40 फीट करना प्रस्तावित है, जबकि ढाणीवासी सड़क को 30 फीट चौड़ी करने पर अड़े हैं। आज नगर परिषद प्रशासन और ग्रामीणों के बीच वार्ता हुई। वार्ता के दौरान भी पुरोहित की ढाणी के लोगों ने सड़क को 30 फीट तक ही चौड़ा करने की मांग दोहराई। जबकि नगर परिषद कार्मिकों ने कहा कि ट्रैफिक जाम की समस्या से निजात दिलाने के लिए जोनल प्लान के हिसाब से ही काम होगा। नगर परिषद अधिकारियों के सामने सीकर शहर के पुलिस लाइन से राधाकिशनपुरा होते हुए जयपुर-झुंझुनू बाईपास तक प्रस्तावित 40 फीट सड़क चौड़ाईकरण को संशोधित कर 30 फीट ही रखने की मांग की है। प्रभावित लोगों का कहना है कि सड़क की चौड़ाई बढ़ने से कई मकान व दुकानें पूरी तरह से टूट जाएंगी, जिससे कई परिवार बेघर हो जाएंगे। स्थानीय लोगों ने मांगे नहीं मानने पर बड़े आंदोलन तक की चेतावनी दी है। अतिक्रमण हटाने की अपील की जा रही नगरपरिषद कमिश्नर शशिकांत शर्मा ने कहा- ट्रैफिक जाम को देखते हुए जोनल प्लान के हिसाब से काम किया जा रहा है। मार्किंग का काम पूरा हो चुका है, नोटिस देने की कार्रवाई चल रही है। नोटिस देकर लोगों से खुद अतिक्रमण हटा लेने की अपील की जा रही है। जो लोग आपत्ति दे रहे हैं उनकी सुनवाई कर निस्तारण की कोशिश की जा रही है। आपत्ति दर्ज करवाले लोगों के दस्तावेज भी चैक किए जा रहे हैं। संबंधित क्षेत्र के लोगों में आपसी सहमति बनाने के प्रयास जारी हैं।
पलवल के धौलागढ़ गांव के निकट स्थित एक गार्डन में चल रहे शादी समारोह के दौरान शुक्रवार रात कुछ युवकों ने घुसकर लाठी-डंडों और धारदार हथियारों से हमला कर दिया। हमले में कई लोग घायल हो गए, जिनमें एक युवक की हालत गंभीर बताई जा रही है। पुलिस ने मामले में पांच नामजद सहित दस के खिलाफ केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। कैंप थाना प्रभारी कृष्ण गोपाल के अनुसार, रूद्र कॉलोनी धौलागढ़ गांव निवासी जल सिंह ने शिकायत में बताया कि 11 मार्च की रात उसकी बेटी चांदनी की शादी कौशिक गार्डन में थी। रात करीब साढ़े आठ बजे बारात की चढ़त के दौरान एक ट्रक चालक ने गलत साइड में ट्रक खड़ा कर ट्रैफिक जाम कर दिया। जब बारातियों ने ट्रक हटाने को कहा तो चालक और उसके साथी ने गाली-गलौज शुरू कर दी। चालक ने जान से मारने की धमकी दी और वहां से चला गया। देर रात गार्डन में घुसकर किया हमला शिकायत के अनुसार, रात करीब 11:30 बजे ट्रक चालक मोंटी अपने साथ हिमांशु, दिनेश, कोकी, हर्ष और 7-8 अन्य युवकों को लेकर वापस आया। सभी के हाथों में लाठी-डंडे, लोहे की रॉड, हॉकी और चाकू थे। आरोपी गार्डन के अंदर घुस आए और बारातियों पर हमला कर दिया। कई घायल, एक की हालत गंभीर हमले में चंद्रपाल, ओमपाल, कर्ण, प्रभात और रोहित सहित कई लोग घायल हो गए। कर्ण की हालत गंभीर बताई जा रही है और उसे आईसीयू में भर्ती कराया गया है। पुलिस ने दर्ज किया मामला कैंप थाना पुलिस ने शिकायत के आधार पर पांच नामजद सहित दस के खिलाफ विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस ने बताया कि आरोपियों की तलाश जारी है और जल्द ही उन्हें गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
पीथमपुर की स्क्रैप दुकान में आग, कंप्रेसर फटा:दमकल की गाड़ियां मौके पर, काबू पाने का प्रयास जारी
पीथमपुर औद्योगिक क्षेत्र के मालती चौराहे के पास एक स्क्रैप (भंगार) की दुकान में भीषण आग लगने से अफरा-तफरी मच गई। आग इतनी जबरदस्त थी कि धुएं का काला गुबार काफी दूर से ही साफ नजर आ रहा था, जिसे देखकर इलाके के लोग दहशत में आ गए। घाटा बिल्लौद पुलिस के मुताबिक, आग लगने की यह घटना मालती चौराहे के पास स्थित एक भंगार की दुकान में हुई। बताया जा रहा है कि दुकान में प्लास्टिक की थैलियां भारी मात्रा में रखी थीं, जिनमें अचानक आग लग गई। प्लास्टिक होने की वजह से लपटें तेजी से फैलीं। इसी बीच दुकान में रखे एक फ्रिज के कंप्रेसर में जोरदार धमाका हुआ, जिसने आग में घी का काम किया और लपटें और ज्यादा विकराल हो गईं। बचाव कार्य और दमकल की मशक्कत आग की खबर मिलते ही पुलिस की टीम और पीथमपुर फायर ब्रिगेड की गाड़ियां तुरंत मौके पर पहुंचीं। दमकल कर्मियों ने मोर्चा संभाला और आग बुझाने का काम शुरू किया। आसपास की दुकानों को आग की चपेट में आने से बचाने के लिए खास सावधानी बरती गई। आग बुझाने के काम में नगर पालिका की दमकल के साथ-साथ स्थानीय पानी के टैंकरों की भी मदद ली गई। टला बड़ा खतरा खास बात यह रही कि प्रशासन ने पूरी तत्परता दिखाते हुए पास में मौजूद शराब दुकान को आग से बचाने के लिए उस ओर पानी की बौछारें जारी रखीं। कड़ी मशक्कत के बाद आग पर लगभग काबू पा लिया गया है। राहत की बात यह है कि इस पूरी घटना में किसी तरह की जनहानि नहीं हुई है, यानी कोई घायल नहीं हुआ है। फिलहाल नुकसान का आकलन किया जा रहा है।
बैतूल में बढ़ती महंगाई, गैस सिलेंडर के दामों में वृद्धि और नगर पालिका के ट्रेंचिंग ग्राउंड मामले को लेकर शुक्रवार को जिला कांग्रेस कमेटी के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं ने विरोध प्रदर्शन किया। कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने शहर में रैली निकालकर कलेक्ट्रेट परिसर में धरना दिया और राज्यपाल के नाम ज्ञापन सौंपा। धरना प्रदर्शन के बाद जिला कांग्रेस कमेटी अध्यक्ष एवं पूर्व विधायक निलय डागा के नेतृत्व में कांग्रेस नेताओं का एक प्रतिनिधिमंडल कलेक्ट्रेट पहुंचा और राज्यपाल के नाम ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में दो प्रमुख मांगें रखी गईं। गैस सिलेंडर कीमत बढ़ोतरी वापस लेने की मांग कांग्रेस ने घरेलू गैस सिलेंडर की कीमत में 60 रुपए और कमर्शियल सिलेंडर में 115 रुपए की बढ़ोतरी को वापस लेने की मांग की। नेताओं का कहना था कि पहले मिलने वाली 400 से 500 रुपए तक की सब्सिडी भी बंद कर दी गई है, जिससे आम जनता पर महंगाई का बोझ और बढ़ गया है। कांग्रेस ने गैस सिलेंडर पर फिर से सब्सिडी शुरू करने की मांग की। तीन तस्वीरों में देखिए प्रदर्शन… ट्रेंचिंग ग्राउंड मामले की निष्पक्ष जांच की मांग कांग्रेस नेताओं ने बैतूल नगर पालिका के गौठाना स्थित ट्रेंचिंग ग्राउंड मामले की निष्पक्ष जांच की मांग भी उठाई। उनका आरोप है कि कचरा निपटान के नाम पर बिना कचरा हटाए ही करीब 2 करोड़ 14 लाख रुपए का भुगतान कर दिया गया। इस मामले में सीएमओ और सब इंजीनियर को निलंबित किया गया है, लेकिन नगर पालिका अध्यक्ष और सहायक यंत्री पर कोई कार्रवाई नहीं हुई है। कांग्रेस ने पूरे मामले की उच्चस्तरीय जांच कर दोषियों पर कार्रवाई की मांग की। नाले का मॉडल बनाकर जताया विरोधधरना स्थल पर कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने विरोध का अनोखा तरीका अपनाते हुए नाले का प्रतीकात्मक मॉडल बनाया और उससे गैस निकलने का दृश्य प्रस्तुत कर बढ़ती गैस कीमतों के खिलाफ अपना आक्रोश जताया। रैली के दौरान कार्यकर्ताओं ने सरकार के खिलाफ नारेबाजी भी की। इस दौरान संगठन प्रभारी बृज पांडे, समीर खान, मोनिका निरापुरे, पुष्पा पंद्राम, प्रशांत राजपूत, हर्षवर्धन धोटे, विजय आर्य, संजय सरदार यादव, मोनू बड़ोनिया, राजकुमार दिवान, लोकेश पगारिया, जगदीश गोचरे सहित बड़ी संख्या में कांग्रेस पदाधिकारी और कार्यकर्ता मौजूद रहे।
एमपी कैडर के दो आईपीएस अधिकारियों को केंद्र सरकार ने एडीजी और उसके समकक्ष पैनल में इम्पैनल किया है। दोनों ही अधिकारी पहले से ही केंद्र सरकार में प्रतिनियुक्ति पर हैं। केंद्र सरकार द्वारा तीस आईपीएस अधिकारियों के इम्पैनल की सूची में एमपी से दो अधिकारी शामिल हैं। उधर एमपी कैडर के 2022 बैच के आईएएस अधिकारी रवि सिहाग एमपी छोड़ेंगे। मध्यप्रदेश कैडर के 1998 बैच के जिन दो अधिकारियों को केंद्र सरकार की अपाइंटमेंट कमेटी ऑफ कैबिनेट ने एडीजी और उसके समकक्ष पद के लिए इम्पैनल किए जाने को मंजूरी दी है, उसमें आईपीएस अंशुमान यादव और साजिद फरीद शापू शामिल हैं। दोनों ही अधिकारियों को एडीजी पद के लिए इम्पैनल किए जाने के आदेश जारी कर दिए गए हैं। ये अधिकारी केंद्र में सीनियर अधिकारियों का पूल विकसित करने के लिए इम्पैनल किए गए हैं। इनकी सेवाओं का उपयोग केंद्र की पुलिसिंग को और मजबूत करने में किया जाएगा। 2022 बैच के आईएएस सिहाग छोड़ेंगे एमपी एमपी कैडर के 2022 बैच के आईएएस अधिकारी रवि कुमार सिहाग को केंद्र शासित प्रदेश (एजीएमयूटी) का नया कैडर अलॉट किया गया है। सिहाग का कैडर बदलाव उनके मैरिज की वजह से हुआ है। सिहाग ने एजीएमयूटी कैडर की आईएएस अधिकारी इशिता राठी के साथ विवाह किया है। इसके बाद डीओपीटी को दिए गए आवेदन पर कैडर कमेटी ने सिहाग के लिए नए कैडर को मंजूरी दे दी है। सिहाग जल्दी ही एमपी कैडर से रिलीव होंगे।
पानीपत कोर्ट फैसला:धोखाधड़ी के मामले में दो को 3-3 साल की कैद, कोर्ट ने निचली अदालत का फैसला पलटा
पानीपत की अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायालय (ASJ) ने धोखाधड़ी और साजिश रचने के एक पुराने मामले में महत्वपूर्ण फैसला सुनाया है। अदालत ने आरोपी प्रदीप कुमार और सिमरनप्रीत कौर को दोषी करार देते हुए 3-3 साल के कठोर कारावास की सजा सुनाई है। विशेष बात यह है कि इस मामले में पीड़ित पक्ष की अपील पर सुनवाई करते हुए अदालत ने निचली अदालत के पूर्व फैसले में संशोधन करते हुए दोषियों को सलाखों के पीछे भेजा है। ये है मामला यह मामला संजय मेहला (अधिवक्ता) बनाम प्रदीप कुमार आदि के बीच लंबे समय से चल रहा था। संजय मेहला ने आरोप लगाया था कि आरोपियों ने उनके साथ धोखाधड़ी की और आपराधिक साजिश रचकर आर्थिक नुकसान पहुंचाया। यह मामला 2020 से अदालत में विचाराधीन था। इससे पहले नवंबर 2019 में निचली अदालत (JMIC) ने इस पर फैसला सुनाया था, जिसके खिलाफ जिला अदालत में अपील दायर की गई थी। अदालत की कार्रवाई और सजा मामले की सुनवाई अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश (ASJ) अम्बरदीप सिंह की अदालत में हुई। अदालत ने 11 मार्च 2026 को अपना अंतिम फैसला सुनाते हुए दोनों आरोपियों को आईपीसी (IPC) की विभिन्न धाराओं के तहत दोषी माना। अदालत ने आदेश दिया कि दोनों सजाएं एक साथ चलेंगी। कोर्ट की महत्वपूर्ण टिप्पणी न्यायाधीश अम्बरदीप सिंह ने अपने 41 पृष्ठों के विस्तृत फैसले में उल्लेख किया कि अभियोजन पक्ष यह साबित करने में सफल रहा कि आरोपियों ने मिलीभगत कर धोखाधड़ी की वारदात को अंजाम दिया। हालांकि, अदालत ने उन्हें धारा 406 (विश्वासघात) के आरोपों से बरी कर दिया, क्योंकि धारा 420 के तहत दोष सिद्ध होने पर तकनीकी रूप से यह अनिवार्य था। 6 साल के लंबे इंतजार के बाद मिला न्याय इस मामले का फैसला आने में लगभग 6 साल का समय लगा। अपीलकर्ता संजय मेहला ने खुद अदालत में अपनी पैरवी की और दोषियों को अधिकतम सजा देने की मांग की। दूसरी ओर, बचाव पक्ष ने आरोपियों के परिवार का एकमात्र सहारा होने की दलील देते हुए नरमी बरतने की अपील की थी, जिसे अदालत ने अपराध की गंभीरता को देखते हुए अस्वीकार कर दिया। अदालत ने दोषियों को तुरंत हिरासत में लेने और सजा भुगतने के लिए जेल भेजने का आदेश दिया है।
जींद जिले के नरवाना क्षेत्र के घसो गांव स्थित गैस एजेंसी पर शुक्रवार को घरेलू गैस सिलेंडर लेने के लिए भारी भीड़ उमड़ पड़ी। सुबह से ही बड़ी संख्या में लोग अपने खाली सिलेंडर लेकर एजेंसी पर पहुंचने लगे, जिससे वहां लंबी कतारें लग गईं और कुछ समय के लिए अव्यवस्था की स्थिति बन गई। गैस की कमी के डर से जुटी भीड़ स्थानीय लोगों के अनुसार, उन्हें भविष्य में गैस की कमी होने का डर है, जिसके चलते वे समय से पहले ही सिलेंडर भरवाने पहुंच गए। कई लोग अपने सिलेंडर लेकर घंटों तक लाइन में खड़े रहे, जबकि कुछ लोग भरे हुए सिलेंडर लेकर घर लौटते नजर आए। अधिकारियों ने दी सफाई गैस एजेंसी पर बढ़ती भीड़ को देखते हुए प्रशासनिक अधिकारी भी मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि क्षेत्र में घरेलू गैस की कोई किल्लत नहीं है और गैस की आपूर्ति सामान्य रूप से जारी है। उन्होंने लोगों से अपील की कि वे अफवाहों पर ध्यान न दें और घबराहट में अतिरिक्त सिलेंडर लेने की कोशिश न करें। इलाके में चर्चा का विषय बनी भीड़ अधिकारियों के आश्वासन के बावजूद एजेंसी के बाहर लगी लंबी कतारें और लोगों की भीड़ पूरे इलाके में चर्चा का विषय बनी हुई हैं। ग्रामीणों का कहना है कि यदि गैस वितरण की व्यवस्था और सुचारू की जाए तो ऐसी स्थिति दोबारा न बने।
उदयपुर के आरएनटी मेडिकल कॉलेज में नए प्रिंसिपल ने पदभार संभालते ही कॉलेज के विकास को प्राथमिकता देने की बात कही है। उन्होंने कहा कि कैम्पस में जगह की कमी को दूर करने के लिए प्रयास किए जाएंगे और इसके लिए पास स्थित पशु चिकित्सालय की जमीन को कॉलेज के लिए उपलब्ध कराने का भी प्रयास किया जाएगा, ताकि भविष्य में सुविधाओं का विस्तार किया जा सके। उदयपुर के आरएनटी मेडिकल कॉलेज में आज(शुक्रवार) डॉ. राहुल जैन ने नए प्रिंसिपल के रूप में पदभार ग्रहण कर लिया है। उनके चैम्बर में पूर्व प्रिंसिपल डॉ. विपिन माथुर ने उन्हें औपचारिक रूप से पदभार ग्रहण कराया। इससे पहले डॉ. राहुल जैन ने मेडिकल कॉलेज परिसर स्थित मंदिर में दर्शन किए। इस दौरान आरएनटी मेडिकल कॉलेज के डॉक्टरों, रेजिडेंट डॉक्टरों और मेडिकल छात्रों ने ढोल-नगाड़ों के साथ उनका स्वागत किया। मरीजों को बेहतर और समय पर इलाज उपलब्ध कराना पहला उद्देश्य मीडिया से बातचीत में डॉ. राहुल जैन ने कहा कि उनका पहला उद्देश्य अस्पतालों में आने वाले मरीजों को बेहतर और समय पर इलाज उपलब्ध कराना है। उन्होंने कहा कि महाराणा भूपाल अस्पताल, जनाना चिकित्सालय और सुपर स्पेशियलिटी अस्पताल में आने वाले मरीजों को कम से कम समय में इलाज मिल सके, इसके लिए सभी को साथ लेकर काम किया जाएगा। उन्होंने कहा कि कैम्पस में जगह की कमी भी दूर करने के लिए वे पूरा प्रयास करेंगे। जैन ने कहा कि पास ही सटे पशु चिकित्सालय को अधिग्रहण करने की प्रक्रिया के लिए पूरा प्रयास करेंगे, ताकि जगह मिल सके। अस्पताल में पार्किंग और जगह की कमी को भी बड़ी समस्या बताया उन्होंने कहा कि दक्षिण राजस्थान के जनजातीय क्षेत्रों से बड़ी संख्या में मरीज इलाज के लिए उदयपुर आते हैं। ऐसे में उनकी कोशिश रहेगी कि मरीजों को अस्पताल में भटकना न पड़े और उन्हें यहीं बेहतर इलाज मिले, ताकि उन्हें निजी अस्पतालों में जाने की आवश्यकता न पड़े। डॉ. राहुल जैन ने अस्पताल में पार्किंग और जगह की कमी को भी एक बड़ी समस्या बताया। उन्होंने कहा कि उपलब्ध स्थान का बेहतर उपयोग कर विभागों का पुनर्व्यवस्थापन किया जाएगा, ताकि मरीजों और परिजनों को अधिक सुविधा मिल सके। सेटेलाइट अस्पतालों को मजबूत करने पर भी होगा काम साथ ही उन्होंने कहा कि शहर में सेटेलाइट अस्पतालों को मजबूत करने पर भी काम करेंगे। सेटेलाइट अस्पतालों में डॉक्टर और सुविधाएं बढ़ाई जाए तो सामान्य बीमारियों के मरीजों को बड़े अस्पतालों में आने की जरूरत नहीं पड़ेगी और आरएनटी मेडिकल कॉलेज पर दबाव भी कम होगा। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार से अतिरिक्त डॉक्टरों की मांग भी की जाएगी, ताकि सेटेलाइट अस्पतालों में पर्याप्त चिकित्सक उपलब्ध हो सकें और आम लोगों को उनके क्षेत्र में ही बेहतर इलाज मिल सके।
नर्मदापुरम में मार्च के पहले पखवाड़े में गर्मी अपने तीखे तेवर दिखा रही है। इस साल रिकॉर्ड तोड़ गर्मी पड़ रही है। मार्च के पहले पखवाड़े में ही पारा 40 के पार पहुंच गया। गुरुवार को अपेक्षा शुक्रवार को गर्मी से थोड़ी राहत मिली। हालांकि गर्म चलते रही। मौसम विभाग के मुताबिक 14,15 मार्च से मौसम में बदलाव की संभावना है। जिससे तापमान में गिरावट के साथ गर्मी से भी राहत मिलेगी। राजमाता विजयाराजे सिंधिया कृषि विवि के सेवानिवृत्ति सीनियर साइंटिस्ट सतीश परसाई का कहना है लगातार तापमान और गर्मी बढ़ने से फसल पर असर पड़ेगा। तेज धूप से फसल की बढ़त रुक जाएगी। फसल लगभग दो सप्ताह पहले पकने के आसार हैं। गेहूं का दाना जितना बड़ा होना चाहिए उतना नहीं होकर कमजोर रहेगा। इससे 10% तक उत्पादन कम होने की आशंका रहेगी। मौसम शुष्क रहा, धूप सीधी पड़ रही, इसलिए गर्मी तेज मौसम शुष्क रहने से बादल नहीं बने। इसे धूप सीधी पड़ रही है। पश्चिमी विक्षोभकमजोर रहने से गर्मी तेज हो रही है। जिस तरह से मार्च के पहले व दूसरे सप्ताह में इस साल दिन का तापमान अधिक दर्ज हो रहे हैं। चार दिनों में दिन के तापमान सामान्य से 5 से 6.7 डिग्री तक बढ़ा। यह तेज लू की स्थिति को दर्शा रहा है। पिछले 10 साल मार्च के अधिकतम तापमान तारीख वर्ष तापमान 27 2016 41.7 30 2017 42.9 31 2018 41.5 31 2019 42.4 26 2020 39.2 29 2021 41.3 18 2022 42.7 2 2023 38.2 28 2024 41.3 26 2025 40.9 12 2026 40.2 ( अधिकतम तापमान डिग्री सेल्सियस में)
रसोई गैस के बढ़ते दाम और कॉमर्शियल गैस सिलेंडरों की किल्लत को लेकर जैसलमेर में जिला मुख्यालय पर कांग्रेस ने विरोध प्रदर्शन किया। जिला कांग्रेस कमेटी के तत्वावधान में कांग्रेस कार्यालय से हनुमान सर्किल तक रैली निकाली गई। प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस नेताओं ने सड़क पर चूल्हे पर चाय बनाई। वहीं पूर्व मंत्री सालेह मोहम्मद ने केंद्र सरकार पर तीखा हमला बोला। उन्होंने व्यंग्य करते हुए कहा कि जिस तरह मंत्रियों को एस्कॉर्ट मिलता है, उसी तरह अब गैस सिलेंडर ढोने वाले वाहनों को भी एस्कॉर्ट देना पड़ेगा या सप्लाई के लिए ग्रीन कॉरिडोर बनाना पड़ेगा। उन्होंने कहा कि कॉमर्शियल गैस सिलेंडरों की आपूर्ति लगभग बंद होने से जैसलमेर का पर्यटन व्यवसाय प्रभावित हो रहा है। होटल और रेस्टोरेंट संचालकों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है, जबकि घरेलू उपभोक्ताओं को भी सिलेंडर लेने के लिए लंबी कतारों में खड़ा होना पड़ रहा है। चूल्हे पर चाय बनाकर सरकार के खिलाफ नाराजगी जताई दरअसल, इस प्रदर्शन में बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता शामिल हुए। इसके बाद गांधी दर्शन के सामने धरना देकर प्रदर्शन किया गया। प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने लकड़ी के चूल्हे पर चाय बनाकर सरकार के खिलाफ नाराजगी जताई और प्रधानमंत्री का पुतला भी फूंका। पूर्व मंत्री बोले- गैस सिलेंडर ढोने वाले वाहनों को एस्कॉर्ट देना पड़ेगा कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने आरोप लगाया कि घरेलू गैस सिलेंडरों की कीमतों में लगातार बढ़ोतरी से आम आदमी का बजट बिगड़ गया है। वहीं कॉमर्शियल सिलेंडरों की आपूर्ति बाधित होने से होटल, ढाबा और पर्यटन से जुड़े व्यवसायों पर संकट गहरा गया है। प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने चूल्हे पर चाय बनाकर सरकार के खिलाफ नाराजगी जताई और प्रधानमंत्री का पुतला भी फूंका। प्रदर्शनकारियों ने बताया कि गैस एजेंसियों पर लोगों को सिलेंडर लेने के लिए लंबी कतारों में लगना पड़ रहा है और ऑन कॉल बुकिंग के बावजूद कई उपभोक्ताओं को ओटीपी नहीं मिल रहा, जिससे आम जनता परेशान है। कांग्रेस ने सरकार से गैस सिलेंडरों की आपूर्ति जल्द सुचारु करने की मांग की।
रोहतक में घरेलू गैस सिलेंडरों को लेकर चल रही मारामारी के बीच घरेलू गैस का कमर्शियल प्रयोग करने वालों के खिलाफ विभाग ने कड़ा रूख अपनाया। विभाग की टीम ने छापेमारी करते हुए दुकानों पर घरेलू गैस सिलेंडरों का कमर्शियल प्रयोग करने पर 17 सिलेंडरों को जब्त किया। जिला खाद्य एवं पूर्ति विभाग की टीम ने शहर में घरेलू गैस सिलेंडरों का कमर्शियल प्रयोग करने पर नजर रखनी शुरू कर दी है। दुकानों के अंदर घरेलू गैस सिलेंडर मिलने पर कार्रवाई की जा रही है। इसको लेकर विभाग की तरफ से सभी एजेंसी संचालकों को भी कड़े निर्देश दिए गए है। संदिग्ध स्थानों पर टीम ने किया निरीक्षणAFSO अशोक कुमार के नेतृत्व में टीम ने संदिग्ध स्थानों पर गैस की कालाबाजारी को लेकर निरीक्षण किया। सुखपुरा चौक, जींद चौक के आसपास के क्षेत्र में टीम गई और घरेलू गैस के कमर्शियल प्रयोग व गैस निकालकर छोटे सिलेंडरों में भरने को लेकर निरीक्षण किया गया। साथ ही कुछ होटलों व ढाबों में भी टीम ने चैकिंग की। गैस की कालाबाजारी को रोके एजेंसी संचालकजिला खाद्य एवं पूर्ति विभाग की तरफ से गैस एजेंसी संचालकों को कड़े निर्देश दिए कि गैस की कालाबाजारी को रोके। ब्लैक में गैस खरीदने वालों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। 25 दिन के निर्धारित समय के बाद ही उपभोक्ता की पर्ची काटे। ढाबों व हलवाइयों को घरेलू गैस सप्लाई ना करें। एजेंसियों के बाहर पर्ची कटवाने के लिए लगी लोगों की भीड़ घरेलू गैस सिलेंडर भरवाने के लिए एजेंसियों के बाहर पर्ची कटवाने वालों की भीड़ देखने को मिल रही है। सुबह से ही लंबी लाइन लग रही है, जिसके कारण लोगों को घंटों लाइन में पर्ची के लिए खड़ा होना पड़ रहा है। वहीं, सिलेंडर लेने के लिए भी लंबी लाइन देखने को मिल रही है। गैस की किल्लत नहीं, संयम बनाए रखे लोग AFSO अशोक कुमार ने बताया कि जिले में गैस की कमी नहीं है। ऑनलाइन बुकिंग में कुछ दिक्कत आ रही है, लेकिन एजेंसी पर जाकर पर्ची कटवाकर गैस ले सकते हैं। लोग संयम बनाए रखे और निर्धारित समय के बाद ही गैस सिलेंडर की पर्ची कटवाए। लोगों में भ्रम पैदा ना होने दें।
कॉमर्शियल गैस सिलेंडर की सप्लाई बंद होने के बाद भीलवाड़ा में फूड इंडस्ट्री काफी को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। शहर में कई रेस्टोरेंट ओर मिठाई की दुकानों के हालात बुरे हैं। व्यापारी कॉमर्शियल गैस सिलेंडर वाली भट्ठियों की जगह डीजल की भट्ठी की सफाई करवाने में लगे है। ऐसे में शहर में मिठाई और नमकीन की भी रेट बढ़ सकती है। व्यापारियों कहना है कि यह मात्र कुछ समय का विकल्प है,अगर गैस की सप्लाई सुचारू रूप से नहीं हुई तो बिजनेस बंद करने की नौबत आ जाएगी। डीजल की भट्ठियों से कोस्टिंग बढ़ेगी शहर के मिठाई व्यापारी भवानी अरोड़ा बताया कि हम लोग पिछले कई साल से गैस की भट्ठियों पर मिठाईयां बना रहे है। लेकिन अब गैस की सप्लाई बंद होने के चलते हैं हमें कबाड़ में रखी डीजल की भट्ठियां निकलवा कर उनकी साफ-सफाई करवानी पड़ी है। डीजल की भट्ठियों से कोस्टिंग भी बढ़ती है और साथ ही मिठाइयों में स्मेल आने का खतरा भी बना रहता है। हालांकि अभी प्राइस बढ़ाने पर तो कोई विचार नहीं किया है लेकिन अगर स्थिति यही रही तो रेट भी बढ़ानी पड़ेगी। गैस सिलेंडर की सप्लाई नहीं हुई तो काम बंद करना पड़ेगा ऐसे ही एक ढाबा संचालक कैलाश गुर्जर ने बताया कि लकड़ी और कोयले की भट्ठी पर काम कर रहे हैं लेकिन इस पर काफी धीरे काम हो रहा है ऐसे में ग्राहकों को खाने की सप्लाई प्रॉपर नहीं कर पा रहे है। ऐसे में काफी समस्या का सामना करना पड़ रहा है। हालात अगर ऐसे ही चले और गैस की सप्लाई नहीं हो पाई तो ढाबा बंद करना पड़ेगा। एक दो दिन में बढ़ सकते हैं मिठाई नमकीन के दाम एक और मिठाई की दुकान संचालक हेमंत ओझा ने बताया कि अब गैस की भट्ठी की जगह डीजल की भट्ठी शुरू की है। डीजल काफी महंगा है और इससे मिठाई बनने में समय भी ज्यादा लगता है इसलिए प्रोडक्शन को भी काम किया है और साथ ही मिठाई की रेट मिठाई और नमकीन की रेट 20 से 40 प्रति किलोग्राम बढ़ाने पर भी विचार किया जा रहा है। एक-दो दिन के अंदर ही रेट बढ़ने का निर्णय लिया जाएगा। इसके साथ ही शॉप से लेब भी कम कर दी है क्योंकि उनकी रेट नहीं निकाल पा रहे हैं अगर इसी तरीके से चलता रहा तो और कारीगर निकालने की नौबत आएगी।
ईरान के प्रमुख लीडर खामेनेई की हत्या के बाद से पंजाब के मलेरकोटला में रहने वाले मुस्लिम समुदाय में भारी रोष है। मलेरकोटला में मुस्लिम समुदाय लगातार अमेरिका व इजराइल के खिलाफ लगातार प्रदर्शन कर रहा है। शुक्रवार को जुमे की नमाज के बाद मुस्लिम समुदाय ने डीसी दफ्तर के बाहर ट्रंप व नेतनयाहू के पुतले फूंके। मुस्लिम समुदाय ने अमेरिका और इजराइल के खिलाफ नारेबाजी की और एडीसी को ज्ञापन सौंपा। उन्होंने मांग की है कि इस युद्ध को तुरंत रोका जाए और ईरान के निर्दोष लोगों की जान को बचाया जाए। इससे पहले ईरान में बमबारी के कारण मारे गए 100 अधिक बच्चों के लिए दुआएं मांगी गई। मौलाना आलम रिजवी ने कहा कि अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और इजराइल के राष्ट्रपति नेतनयाहू ने मिलकर ईरान पर हमला किया और ईरान के सुप्रीम लीडर खामेनेई की हत्या कर दी। उन्होंने कहा कि ईरान पर हमला पूरे मुस्लिम समुदाय पर हमला है। डॉ. मोहम्मद इरशाद का कहना है कि ईरान में निर्दोष बच्चों की बमबारी में हत्याएं की जा रही हैं। उन्होंने कहा कि इजराइल ईरान की लड़ाई से पूरे मिडिल ईस्ट में खौफ का माहौल बन गया है। चारों तरफ अशांति है। उन्होंने कहा कि ईरान और भारत अच्छे मित्र देश रहे हैं इसलिए उन्होंने भारत की राष्ट्रपति को ज्ञापन भेजकर इस युद्ध को रुकवाने के प्रयास करने का आग्रह किया है। मुस्लिम महिलाओं ने निकाला था कैंडल मार्च बता दें, इससे पूर्व मलेरकोटला में मुस्लिम समुदाय की महिलाओं ने कुछ दिन पहले खामेनेई की मौत के मातम में कैंडल मार्च निकाला था और डोनाल्ड ट्रंप व नेतनयाहू के खिलाफ नारेबाजी की थी। महिलाओं ने ट्रंप व नेतनयाहू की फोटो सड़क पर चिपकाई थी और उससे होकर गुजरे थे। मुस्लिम समुदाय उतरा था सड़कों पर खामेनेई की मौत के बाद मलेरकोटला में मुस्लिम समुदाय ने भारी संख्या में एकत्रित होकर अमेरिका व इजराइल के खिलाफ प्रदर्शन किया था। मुस्लिम समुदाय ने सड़क पर उतर कर ईरान के सुप्रीम लीडर खामेनेई की हत्या का विरोध किया था।
पश्चिम एशिया में जारी युद्ध और ईरान की तरफ से स्ट्रेट ऑफ होर्मुज बंद किए जाने के कारण ग्लोबल एनर्जी सप्लाई पर दबाव बढ़ने के बीच भारत सरकार ने शुक्रवार को लगातार तीसरे दिन अवग-अलग मंत्रालयों की जॉइंट प्रेस कॉन्फ्रेंस की। सरकार ने कहा कि देश में पेट्रोल-डीजल की कोई कमी नहीं है लेकिन स्ट्रेट ऑफ होर्मुज बंद होने से LPG हमारे लिए चिंता का विषय बना हुआ है। सरकार ने बताया कि ईरान जंग के कारण देश में गैस बुकिंग की संख्या में लगभग 20 लाख की बढ़ोतरी हुई है। सरकार की तरफ से पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय की जॉइंट सेक्रेटरी (मार्केटिंग एवं ऑयल रिफाइनरी) सुजाता शर्मा ने बताया कि जंग से पहले हर रोज औसतन 55.7 लाख सिलेंडरों की बुकिंग होती थी। अभी एक दिन में लगभग 75.7 लाख गैस बुकिंग हो रही है। सरकार ने कहा कि जंग के माहौल के बीच LPG सिलेंडर की बुकिंग में अचानक बढ़ोतरी देखी गई है। यह लोगों के बीच घबराहट के कारण हो रहा है। सरकार ने कहा- LPG डिस्ट्रीब्यूटर्स के पास अभी गैस का स्टॉक पेट्रोलियम मंत्रालय ने कहा- LPG चिंता का विषय है क्योंकि देश का ज्यादातर LPG स्ट्रेट ऑफ होर्मुज से आता है और वह अभी बंद है। हालांकि, हमारे 25,000 LPG डिस्ट्रीब्यूटर्स में से किसी पर भी गैस खत्म होने (ड्राई आउट) की कोई रिपोर्ट नहीं मिली है। मंत्रालय ने आगे कहा- केंद्र की तरफ से राज्यों को अतिरिक्त 48,000 किलोलीटर केरोसिन आवंटन किया गया है। राज्यों से अपील की गई है कि वे जिलों में केरोसिन बांटने लिए जगह तय करें। वैकल्पिक ईंधन विकल्पों के लिए कोल इंडिया को छोटे, मध्यम और अन्य उपभोक्ताओं को कोयला उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए हैं। सरकार ने कहा कि LPG की पैनिक बुकिंग करने की जरूरत नहीं है, क्योंकि किसी भी LPG डीलर पर गैस खत्म होने की स्थिति सामने नहीं आई है। 9 मार्च 2026 को जारी नेचुरल गैस ऑर्डर के तहत कई सेक्टर को प्राथमिकता दी गई है। उसी आदेश के अनुसार घरेलू पीएनजी (PNG) और सीएनजी (CNG) की आपूर्ति बिना किसी कटौती के जारी है। पेट्रोलियम मंत्रालय ने कहा- लोगों को घबराने की जरूरत नहीं पेट्रोलियम मंत्रालय ने आगे कहा- मौजूदा स्थिति में लोगों को घबराने की बिल्कुल भी जरूरत नहीं है। इसके अलावा बड़े शहरों और केंद्रों में व्यावसायिक उपभोक्ता जो फिलहाल LPG सप्लाई पर निर्भरता के कारण कुछ दिक्कतों का सामना कर रहे हैं, भारत सरकार उनकी समस्याओं को दूर करने के लिए हर संभव प्रयास कर रही है। सरकार के मुताबिक, भारत के पास कच्चे तेल के लिए 258 मिलियन मीट्रिक टन की रिफाइनिंग क्षमता है। सभी रिफाइनरियां इस समय 100% या उससे अधिक क्षमता पर काम कर रही हैं।रिफाइनरियों के पास कच्चे तेल का पर्याप्त भंडार मौजूद है और इसके अलावा सप्लाई लगातार जारी है। ------------------------ LPG किल्लत से जुड़ी यह खबर भी पढ़ें… LPG संकट- पंजाब में सिलेंडर लेकर भागते दिखे लोग:ब्लैक में कॉमर्शियल सिलेंडर ₹4 हजार का बिक रहा अमेरिका-इजराइल की ईरान से जंग की वजह से देशभर में LPG की किल्लत हो गई है। गैस एजेंसियों के बाहर लम्बी लाइनें हैं। गैस सिलेंडर की कालाबाजारी और जमाखोरी भी हो रही है। कई जगहों पर ₹2 हजार का कॉमर्शियल सिलेंडर ₹4 हजार में बिक रहा है। वहीं पंजाब में लोग सिलेंडर लेकर भागते नजर आए। केरल में करीब 40% रेस्टोरेंट बंद होने की कगार पर है। पूरी खबर पढ़ें…
छत्तीसगढ़ के धमतरी में पुलिस ने जुआ खेलते हुए 8 लोगों को गिरफ्तार किया है। इन जुआरियों में धमतरी और अन्य जिलों के निवासी शामिल हैं। पुलिस ने उनके कब्जे से 4 लाख 20 हजार रुपए का माल जब्त किया है, जिसमें नकदी, छह मोटरसाइकिलें, एक स्कूटी, एक टीवीएस एक्सएल और आठ मोबाइल फोन शामिल हैं। यह कार्रवाई धमतरी जिले के भखारा थाना क्षेत्र में की गई। रात्रि गश्त के दौरान पेट्रोलिंग पार्टी को सूचना मिली थी कि ग्राम सेमरा बी के श्मशान घाट के आगे स्टॉप डेम के पास जुए का फड़ सजा हुआ है। सूचना मिलते ही पुलिस टीम ने घेराबंदी कर दबिश दी। टॉर्च की रोशनी में जुआ खेलते हुए पकड़े गए पुलिस को देखकर कुछ जुआरी मौके से भागने में सफल रहे, जबकि कुछ जुआरी मोबाइल की टॉर्च की रोशनी में जुआ खेलते हुए पकड़े गए। पुलिस ने पकड़े गए जुआरियों से पूछताछ की, जिसके बाद उनके नाम-पते सामने आए। गिरफ्तार किए गए जुआरियों में ग्राम सेमरा निवासी लोकेश कुमार सिन्हा (40 वर्ष), मयंक सिन्हा (25 वर्ष), भूपेश्वर सिन्हा (29 वर्ष) और हसन खान (38 वर्ष) शामिल हैं। अन्य जुआरियों में ग्राम सिलघट निवासी छबि सोनकर (34 वर्ष), ग्राम सुपेला निवासी राजू साहू (31 वर्ष), तथा कौही थाना रानीतराई निवासी कमलेश सोनकर (38 वर्ष) और राजेश साहू (36 वर्ष) शामिल हैं। जुआरियों के खिलाफ जुआ एक्ट के तहत हुई कार्रवाई सभी गिरफ्तार जुआरियों के खिलाफ जुआ प्रतिषेध अधिनियम के तहत अपराध पंजीबद्ध कर आगे की कार्रवाई की जा रही है। पुलिस ने कुल 4 लाख 20 हजार रुपये का माल जब्त किया है, जिसमें नकदी, 6 मोटरसाइकिलें, 1 हीरो मेस्ट्रो स्कूटी, 1 टीवीएस एक्सएल और 8 मोबाइल फोन शामिल हैं।
पलवल में 4 युवकों से 15 लाख रुपए हड़पे:कोर्ट में नौकरी दिलाने का झांसा; आरोपी मकान खाली करके हुआ फरार
पलवल में जिला कोर्ट में नौकरी लगवाने के नाम पर 15 लाख रुपये की ठगी का मामला सामने आया है। शहर थाना पुलिस ने आरोपी के खिलाफ धोखाधड़ी और आपराधिक विश्वासघात सहित अन्य धाराओं में केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। शहर थाना प्रभारी प्रकाशचंद के अनुसार, डूंगरवास (बमारियाका) गांव निवासी ओमप्रकाश ने शिकायत दर्ज कराई कि उनके बेटे देवेंद्र की पहचान हुड्डा सेक्टर-दो निवासी रामकेश शर्मा से थी। जून 2023 में रामकेश ने ओमप्रकाश को बताया कि वह पलवल और फरीदाबाद जिला न्यायालयों में प्रोसेस सर्वर (प्यादा) के पदों पर चार बेरोजगार युवकों को नौकरी लगवा सकता है। चार युवकों से वसूले 15 लाख रुपए आरोपी ने प्रत्येक युवक से पांच लाख रुपये की मांग की। इस पर ओमप्रकाश के बेटे देवेंद्र के अलावा अमित, अंकित और नरसिंह चौहान भी नौकरी के लिए पैसे देने को तैयार हो गए। रामकेश ने पहले 4.20 लाख रुपये फोन-पे के माध्यम से अपनी पत्नी के बैंक खाते में ट्रांसफर करवाए, जबकि शेष 10.80 लाख रुपये नकद अलग-अलग किश्तों में लिए। चयन न होने पर फरार हुआ आरोपी साल 2024 में जब परिणाम घोषित हुए और चारों युवकों का चयन नहीं हुआ, तो उन्होंने आरोपी से अपने पैसे वापस मांगे। रामकेश शर्मा लगातार टालमटोल करता रहा और मार्च 2025 में अपना मकान खाली कर फरार हो गया। पुलिस ने दर्ज किया मामला, तलाश जारी पीड़ितों ने इस संबंध में शहर थाना की भवन कुंड चौकी पुलिस को लिखित शिकायत दी। पुलिस ने शिकायत के आधार पर आरोपी के खिलाफ धोखाधड़ी और आपराधिक विश्वासघात की धाराओं में मामला दर्ज कर लिया है। आरोपी की तलाश जारी है। पुलिस का कहना है कि जल्द ही उसे गिरफ्तार कर ठगी की पूरी रकम बरामद करने का प्रयास किया जाएगा।
गुरुग्राम में रेलवे रोड पर स्थित बसंत होटल में एक व्यक्ति के मर्डर के मामले में पुलिस ने दो आरोपियों को अरेस्ट किया है। आरोपियों की पहचान इंद्रजीत (उम्र-23 वर्ष) निवासी तारानपुर जिला गाजीपुर (उत्तर-प्रदेश) व अरविंद कुमार उर्फ संजू (उम्र-35 वर्ष) निवासी सतरघाट जिला गोपालगंज (बिहार) के रूप में हुई है।इंद्रजीत नाम के आरोपी की बहन की शादी थी। उसने मृतक आनंद गोस्वामी का फोन चोरी कर रुपए ट्रांसफर करने थे, लेकिन पीड़ित फोन लेने पहुंचा तो पासवर्ड नहीं बताने पर उसे पीट पीट कर मार डाला। दो दिन पहले मिली थी डेडबॉडी 11 मार्च को रेलवे स्टेशन के पास बसंत होटल के कमरे में एक व्यक्ति खून से लथपथ पड़ा मिला था।पुलिस टीम घटनास्थल पर पहुंची तो वहां से आनंद गोस्वामी (उम्र-41 वर्ष) निवासी तेतुलमुरी बस्ती जिला धनबाद (झारखंड) का शव बरामद किया। पुलिस टीम द्वारा सीन ऑफ क्राइम व फिंगरप्रिंट टीमों से घटनास्थल का निरीक्षण करवाया गया तथा मृतक के परिजनों को सूचित किया गया। 12 मार्च को मृतक के जीजा ने पुलिस टीम को शिकायत के माध्यम से बताया कि उसका साला आनंद गोस्वामी काम की तलाश में गुरुग्राम आया था। 8 मार्च को बसंत होटल में रूका था। 10-11 मार्च की रात को होटल में काम करने वाले एक व्यक्ति इंद्रजीत तथा एक अन्य व्यक्ति अरविंद कुमार ने आनंद के साथ मारपीट की। जिससे लगी चोट के कारण उसकी मृत्यु हो गई। काम करते समय दोस्ती हुई पुलिस ने सफाई का काम करने वाले इंद्रजीत और अरविंद को अरेस्ट किया। काम करते समय इन दोनों आरोपियों में जानकारी हो गई थी। आरोपी अरविंद कभी कभार किसी होटल में खाना बनाने का काम भी करता है। इंद्रजीत की बहन की शादी है पुलिस पूछताछ में पता चला कि अप्रैल माह में आरोपी इंद्रजीत की बहन की शादी थी। इसलिए आरोपी इंद्रजीत को रुपयों की जरूरत थी। आरोपी इंद्रजीत ने देखा था कि मृतक आनंद शराब पीने का आदी है। इसलिए जब मृतक आनंद शराब पीकर सो गया तो आरोपी इंद्रजीत उसके कमरे में गया तथा रुपए ट्रांसफर करने के लिए उसका मोबाइल फोन ले आया। पासवर्ड नहीं बताने पर मारा जब मृतक आनंद को होश आया तो वह अपना फोन ढूंढते हुए होटल में नीचे आया तथा उसने देखा कि उसका फोन आरोपी इंद्रजीत के पास है तो आनंद ने इंद्रजीत से अपना फोन मांगा तो इंद्रजीत ने कहा कि पहले पासवर्ड बताओ फिर फोन दूंगा। इसी बात को लेकर इनकी कहासुनी हो गई और इंद्रजीत ने आनंद के साथ मारपीट की। पुलिस जांच कर रही पुलिस प्रवक्ता अशोक कुमार ने बताया कि इसके बाद आरोपी इंद्रजीत व आरोपी अरविंद उर्फ संजू आनंद के कमरे में गए और उसके साथ फिर मारपीट की। पुलिस आरोपियों को कोर्ट में पेश कर रिमांड पर लेगी। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
करनाल में दो वाहन चोर गिरफ्तार:4 बाइक बरामद, चुराकर लाए थे, एंटी ऑटो व्हीकल थेफ्ट स्टाफ की कार्रवाई
करनाल में वाहन चोरी के मामलों में कार्रवाई करते हुए जिला पुलिस की एंटी ऑटो व्हीकल थेफ्ट स्टाफ टीम ने दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने दोनों के कब्जे से कुल 4 चोरीशुदा मोटरसाइकिलें बरामद की हैं। आरोपियों को अलग-अलग जगहों से पकड़ा गया। बता दे कि पूछताछ में विभिन्न थाना क्षेत्रों में दर्ज मामलों से संबंधित मोटरसाइकिलों का खुलासा हुआ। पुलिस ने आरोपियों को कोर्ट में पेश किया, जहां से उन्हें जिला जेल भेज दिया गया। दरअसल एंटी ऑटो व्हीकल थेफ्ट स्टाफ की टीम ने इंचार्ज इंद्र सिंह के नेतृत्व में गुप्त सूचना के आधार पर कार्रवाई की। आरोपी गिरफ्तार, बाइक बरामद टीम ने सेक्टर-16 स्थित दशहरा ग्राउंड के पास से गांव प्योंत निवासी विकास को एक चोरीशुदा मोटरसाइकिल सहित पकड़ लिया। जांच के दौरान पुलिस ने आरोपी के कब्जे से दो चोरीशुदा मोटरसाइकिलें बरामद कीं। ये मोटरसाइकिलें थाना सिविल लाइन करनाल में 30 जनवरी 2025 और 15 जून 2025 को दर्ज मामलों से संबंधित पाई गई है। ग्रीन बेल्ट सेक्टर-4 से दूसरा आरोपी गिरफ्तार इसी अभियान के तहत पुलिस टीम ने दूसरी कार्रवाई करते हुए ग्रीन बेल्ट सेक्टर-4 से बसंत विहार निवासी बंटी को चोरीशुदा मोटरसाइकिल सहित गिरफ्तार किया। आरोपी बसंत विहार में पाल डेयरी के नजदीक रहता है। पूछताछ में पुलिस ने उसके कब्जे से दो और चोरीशुदा मोटरसाइकिलें बरामद कीं। ये मोटरसाइकिलें थाना कुंजपुरा में बीती 6 मार्च को दर्ज मुकदमे और 22 नवंबर 2025 को सिटी थाना करनाल में दर्ज मुकदमे से संबंधित पाई गई है। पहले भी चोरी के मामलों में जा चुका है जेल पुलिस जांच में सामने आया कि आरोपी बंटी पहले भी चोरी के मामलों में जेल जा चुका है और इस समय जमानत पर बाहर था। दोनों आरोपियों को पुलिस ने अदालत में पेश किया, जहां से उन्हें न्यायिक हिरासत में जिला जेल भेज दिया गया।
फरीदाबाद में महिला को सम्मोहित कर उसके सोने के गहने उतरवाकर फरार होने वाले गिरोह के 2 सदस्यों को क्राइम ब्रांच ऊंचा गांव की टीम ने गिरफ्तार किया है। पुलिस ने महिला आरोपी और उसके एक साथी को कोर्ट में पेश कर 4 दिन के पुलिस रिमांड पर लिया है। मामले में पुलिस आगे की जांच कर रही है। पुलिस प्रवक्ता सूबे सिंह ने जानकारी देते हुए बताया कि 16 फरवरी को पीड़ित महिला घर का सामान लेने के लिए चेतन बाजार जा रही थी। रास्ते में उसे दो महिलाएं और एक व्यक्ति मिले, जिन्होंने उससे एटीएम का रास्ता पूछा। इसी दौरान तीनों ने महिला को बातचीत में उलझा लिया। बातों में फंसाकर सम्मोहित किया आरोप है कि तीनों ने मिलकर महिला को बातों में फंसाकर सम्मोहित कर लिया। कुछ देर बाद जब महिला को होश आया तो तीनों मौके से गायब थे। इसके बाद महिला ने देखा कि उसके पहने हुए सोने के गहने भी गायब हैं। आरोपियों ने महिला को बहला-फुसलाकर उसके गहने उतरवा लिए और मौके से फरार हो गए। पुलिस ने महिला सहित एक आरोपी पकड़ा घटना की शिकायत मिलने के बाद क्राइम ब्रांच ऊंचा गांव की टीम ने मामले की जांच शुरू की। जांच के दौरान पुलिस ने एक महिला और उसके एक साथी को गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार आरोपी की पहचान मनोज (21) निवासी निहाल विहार, नई दिल्ली के रूप में हुई है। पुलिस ने दोनों आरोपियों को अदालत में पेश कर 4 दिन के पुलिस रिमांड पर लिया है। रिमांड के दौरान पुलिस गिरोह से जुड़े अन्य सदस्यों और वारदात में इस्तेमाल किए गए तरीकों के बारे में पूछताछ कर रही है। पुलिस को आशंका है कि यह गिरोह पहले भी इस तरह की वारदातों को अंजाम दे चुका है।
भिंड जिले में एलपीजी गैस की कमी को लेकर फैल रही अफवाहों के बीच कलेक्टर किरोड़ी लाल मीणा ने स्पष्ट किया है कि जिले में घरेलू गैस का पर्याप्त स्टॉक उपलब्ध है। कलेक्ट्रेट सभागार में गैस एजेंसी संचालकों, व्यापारियों और विभागीय अधिकारियों के साथ बैठक कर उन्होंने गैस आपूर्ति व्यवस्था को सुचारु बनाए रखने के निर्देश दिए। बैठक में कलेक्टर ने गैस एजेंसी संचालकों और संबंधित विभागों के अधिकारियों से कहा कि जिले में घरेलू एलपीजी गैस की सप्लाई निर्बाध रूप से जारी रहनी चाहिए, ताकि आम लोगों को किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े। उन्होंने कहा कि वर्तमान में जिले में घरेलू गैस का पर्याप्त भंडारण मौजूद है और आपूर्ति व्यवस्था सामान्य रूप से संचालित हो रही है। मांग का नियमित आकलन करने के निर्देश कलेक्टर ने विभागीय अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे जिले में घरेलू गैस की मांग का नियमित आकलन करते रहें, जिससे आवश्यकता के अनुसार आपूर्ति सुनिश्चित की जा सके। साथ ही खाद्य विभाग के अधिकारियों को गैस एजेंसियों के साथ लगातार समन्वय बनाए रखने के लिए भी कहा गया। अफवाहों पर विश्वास न करने की अपील बैठक में इंडियन ऑयल कॉरपोरेशन लिमिटेड के विपणन अधिकारी ने नागरिकों से अपील करते हुए कहा कि रसोई गैस की कमी को लेकर सोशल मीडिया या अन्य माध्यमों से फैल रही भ्रामक खबरों और अफवाहों पर विश्वास न करें। जिले में एलपीजी गैस की कोई कमी नहीं है और पर्याप्त मात्रा में भंडारण उपलब्ध है। प्रशासन ने नागरिकों से आग्रह किया है कि वे अनावश्यक रूप से गैस की पैनिक बुकिंग न करें और रसोई गैस का उपयोग केवल आवश्यकता के अनुसार ही करें। साथ ही किसी भी जानकारी की पुष्टि अधिकृत शासकीय स्रोतों से ही करें और अपुष्ट या भ्रामक सूचना का प्रसार न करें, ताकि जिले में आपूर्ति व्यवस्था सुचारु बनी रहे।
बाड़मेर कांग्रेस ने शुक्रवार को दो गैस सिलेंडर, चूल्हा और लकड़ियां लेकर कलेक्ट्रेट पहुंचे। वहां धरना प्रदर्शन दिया। कलेक्ट्रेट गेट के आगे लगे बेरिकेट्स पर गैस की टंकी और लकड़ियां लेकर चढ़ गए। पीएम नरेंद्र मोदी का पुतला फूंका। सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की है। कांग्रेस जिलाध्यक्ष लक्ष्मण सिंह गोदारा ने बताया- जिला प्रशासन हर गोदाम पर जा रहा है। वहां पर जाकर टंकियां गिन रहा है। इससे पता लग रहा है कि आने वाला समय कितना कठिन होगा। आने वाले दिनों में गैस सिलेंडरों की कमी होने वाली है। इसके साथ रेट को भी बढ़ाया हे। इसके विरोध में आज प्रदर्शन किया है। दरअसल, बीते दिनों घरेलू गैस सिलेंडर की बढ़ी रेट और किल्लत को लेकर विपक्ष लगातार सरकार को घेर रही है। इस कड़ी में शुक्रवार को बाड़मेर कांग्रेस ने जिला कलेक्ट्रेट के आगे एक दिवसीय धरना दिया। धरना स्थल के आगे दो घरेलू गैस टंकिया उसके ऊपर चूल्हा, फिर लकड़ियां रख दी। धरना देने के बाद वहां से टंकिया, चूल्हा लेकर कलेक्ट्रेट गेट के आगे आए। वहां पर सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। पूर्व जिलाध्यक्ष फतह खान ने विवादित बयान देते हुए कहा- अमेरिका ने भारत में अघोषित कब्जा कर लिया है। ऐसा लग रहा है। कुछ दिन पहले एक राष्ट्र के राष्ट्रपति को अमेरिका राष्ट्रपति उठा कर ले गया था। कई ऐसा नहीं हो जाए कि भारत के प्रधानमंत्री को अमेरिका राष्ट्रपति उठाकर ले जाए और भारत पर कब्जा हो जाए। यह छोटी बात नहीं है यह बड़ी गंभीर बात है। प्रधानमंत्री कोई काम करने से पहले अमेरिका के तरफ देखकर काम करते है। सिलेंडर लेकर बेरिकेट्स पर चढ़े कांग्रेसी हाथों में तख्तियां लेकर कलेक्ट्रेट गेट पर पहुंचे। वहां पर प्रदर्शन के दौरान कांग्रेसी सिलेंडर लेकर बेरिकेट्स पर चढ़कर नारेबाजी करने लगे। इस दौरान पीएम नरेंद्र मोदी का पुतला फूंका। कांग्रेसियों ने सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। कलेक्ट्रेट के आगे कांग्रेसी लकड़ियां लेकर भी पहुंचे। सरकार के पास सिलेंडर किल्लत को दूर करने की कोई नीति नहीं जिलाध्यक्ष लक्ष्मणसिंह गोदारा ने बताया- पूरे देश में गैस सिलेंडर को लेकर त्राहि-त्राहि मची हुई है। फिर भी इनके पास कोई रोडमैप नहीं है। न ही कोई चर्चा करना चाहते है। इनकी ऐसी कोई नीति नहीं है कि आने वाले समय में घरेलू गैस सिलेंडर आपूर्ति में सुधार होगा। यूपीए सरकार 2008 में गैस सिलेंडर 305 से अधिकतमत 415 रुपए हुए थे। परंतु आज के समस में 913 रुपए है। चुनाव से पहले 50-100 रुपए कम कर देते है। उज्जवला स्कीम के तहत हर घर गैस सिलेंडर दे दिया लेकिन गैस सिलेंडर खाली पड़े है। अल्टीमेंटम आगामी दिनों में करेंगे उग्र प्रदर्शन पूर्व विधायक पदमाराम मेघाल- घरेलू गैस सिलेंडर के भाव बढ़ाना, कॉमर्शियल गैस कनेक्शन की बिक्री बंद करने के विरोध में आज प्रदर्शन किया है। घरेलू गैस कनेक्शन के 60 रुपए बढ़ा दिए, कॉमर्शियल गैस की बिक्री पर प्रतिबंध लगा दिया। यह मजदूर, किसान और गरीब लोगों के साथ अन्याय हो रहा है। इसको हम बर्दाश्त नहीं करेंगे। आगामी दिनों में उग्र प्रदर्शन किया जाएगा।
रायगढ़ वन मंडल में हाथियों की लगातार हो रही मौत अब चिंता का विषय बन गई है। हाल ही में घरघोड़ा रेंज की कुरकुट नदी में दो हाथियों के शव मिलने के मामले में वन विभाग ने दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। जांच में सामने आया कि नदी में पंप लगाकर पानी खींचा जा रहा था और उसी दौरान लगाए गए करंट वाले तार की चपेट में आने से दोनों हाथियों की मौत हो गई। युवा कांग्रेस ने मामले की उच्चस्तरीय जांच और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। दो आरोपियों को किया गया गिरफ्तार वन विभाग की जांच के बाद पाकादरहा निवासी धरम सिंह (38) और रामकुमार राठिया (55) को गिरफ्तार किया गया है। दोनों के खिलाफ वन्यजीव संरक्षण से जुड़े प्रावधानों के तहत कार्रवाई की जा रही है। वन अमला मामले की आगे जांच कर रहा है। युवा कांग्रेस ने सौंपा ज्ञापन हाथियों की लगातार हो रही मौत पर युवा कांग्रेस ने चिंता जताई है। गुरुवार को युवा कांग्रेस (ग्रामीण) जिलाध्यक्ष उस्मान बेग अपनी टीम के साथ कलेक्ट्रेट पहुंचे और कलेक्टर के नाम ज्ञापन सौंपा। उन्होंने पूरे मामले की उच्चस्तरीय जांच और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की। जंगल कटने से भटक रहे वन्यजीव युवा कांग्रेस के जिलाध्यक्ष उस्मान बेग ने कहा कि जिले में तेजी से जंगलों की कटाई हो रही है और बड़े उद्योग, खदानें और औद्योगिक परियोजनाएं लगातार बढ़ रही हैं। इस वजह से हाथी जैसे बड़े वन्यजीव अपने प्राकृतिक आवास से भटककर गांवों और खेतों की ओर आने को मजबूर हो रहे हैं। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि वन्यजीवों की सुरक्षा के लिए ठोस कदम नहीं उठाए गए तो इस मुद्दे को लेकर बड़ा जन आंदोलन किया जाएगा। युवा कांग्रेस ने रखी 4 प्रमुख मांगें रायगढ़ वन मंडल में हाथियों की मौत पर एक नजर केस 1- पिछले डेढ़ साल पहले चुहकीमार नर्सरी में 11 केवी बिजली लाइन के संपर्क में आने से 3 हाथियों की करंट लगने से मौत हो गई। केस 2- करीब साल भर पहले घरघोड़ा रेंज के पानीखेत गांव के डेम के पास कीचड़ में फंसने से हाथी शावक की मौत हो गई थी। केस 3- तमनार क्षेत्र के केराखोल गांव में अवैध बिजली तार की चपेट में आने से एक दंतैल हाथी की मौत हो गई। केस 4- जनवरी में घरघोड़ा रेंज के कमतरा बीट क्षेत्र में पहाड़ी इलाके में दो चट्टानों के बीच फंस जाने से एक हाथी शावक की मौत हो गई थी। केस 5- लगभग 3 महीने पहले बंगुरसिया सर्किल के बड़झरिया तालाब में 1 हाथी शावक की डूबने से मौत हो गई थी। शावक अपने दल के साथ नहाने तालाब पहुंचा था, लेकिन वह बाहर नहीं निकल सका और उसकी मौत हो गई। केस 6- घरघोड़ा रेंज के कुरकुट नदी में 2 हाथियों का शव देखा गया। जांच में करंट से मौत होना पाए जाने के बाद 2 आरोपियों को पकड़ा गया।
चंडीगढ़ के रायपुर कलां स्थित इंसीनरेटर प्लांट में 13 जनवरी को 45-50 गोवंश के शव मिलने के मामले में तैयार की गई मजिस्ट्रियल जांच रिपोर्ट प्रशासक को सौंप दी गई है। रिपोर्ट सामने आने के बाद श्री हिंदू संगठन के पदाधिकारियों और समर्थकों ने नगर निगम के बाहर प्रदर्शन करते हुए जोरदार नारेबाजी की। इस दौरान बड़ी संख्या में संगठन के समर्थक मौके पर पहुंचे, जबकि स्थिति को देखते हुए पुलिस बल भी तैनात कर दिया गया। एमओएच डॉक्टर इंद्रदीप और महेंद्र पाठक को सस्पेंड करने की मांग करते रहे। संगठन, श्री हिंदू तख्त के राष्ट्रीय प्रवक्ता अशोक तिवारी ने नगर निगम अधिकारियों पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि शुरुआत में इस मामले की जांच एसडीएम को सौंपी गई थी, लेकिन बाद में जांच एडीसी को दे दी गई और चार सदस्यीय कमेटी भी बना दी गई। इसके बावजूद उन्हें एक बार भी पूछताछ के लिए नहीं बुलाया गया, जबकि इस मामले को सबसे पहले उन्होंने ही उठाया था। बोले- एमओएच और पाठक को करो सस्पेंड अशोक तिवारी ने कहा कि उनकी इस मुद्दे पर स्पेशल कमिश्नर प्रदीप कुमार से भी बात हुई थी। उन्होंने मांग की थी कि मेडिकल ऑफिसर ऑफ हेल्थ (एमओएच) डॉक्टर इंद्रदीप और महेंद्र पाठक को तुरंत सस्पेंड किया जाए। तिवारी ने आरोप लगाया कि जब तक इन दोनों अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई नहीं की जाती, तब तक उनका प्रदर्शन जारी रहेगा। उन्होंने कहा कि इस पूरे मामले की जिम्मेदारी इन्हीं अधिकारियों की थी, लेकिन अभी तक इनके खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की गई और नगर निगम के अधिकारी इन्हें बचाने में लगे हुए हैं। रिपोर्ट में बड़े अधिकारियों को बचाया अशोक तिवारी ने आरोप लगाया कि मजिस्ट्रियल जांच रिपोर्ट के अनुसार, इंसीनरेटर प्लांट में गोवंश के शवों का ढेर लगने के पीछे दो मुख्य वजह बताई गई हैं। पहली वजह यह रही कि प्लांट के चार में से एक-एक कर बर्नर खराब होते गए। प्लांट चलाने वाली कंपनी के इंजीनियर शुरुआत में कहते रहे कि बर्नर दो घंटे में ठीक हो जाएंगे, लेकिन बाद में बताया गया कि उन्हें स्थानीय स्तर पर ठीक करना संभव नहीं है, जिसके चलते काफी समय लग गया। तिवारी बोले, जिन अफसरों की जवाबदेही है, जिनके पास रोजाना रिपोर्ट जाती है और जिन्हें सब कुछ पता था, उन पर कार्रवाई क्यों नहीं की जा रही है। दूसरी वजह यह बताई जा रही है कि शहर के अलग-अलग इलाकों से गोवंश के शव प्लांट में लाए गए थे। जब प्लांट खराब था तो उन्हें दफनाने की तैयारी कर ली गई थी और दो-तीन गड्ढे भी खोद लिए गए थे, लेकिन दो कर्मचारियों के आपसी विवाद के कारण समय पर शवों को दफनाया नहीं जा सका। अगर उस समय प्लांट खराब था तो उसमें गोवंश को क्यों लाया गया, उसे ठीक होने तक बंद क्यों नहीं किया गया। क्या एमओएच इंद्रदीप और महेंद्र पाठक की जानकारी में यह सब कुछ नहीं था या फिर जानबूझकर अफसर अनजान बने रहे कि किसी को पता नहीं चलेगा। तिवारी बोले, होना भी ऐसा ही था, वह तो उन्हें पता चल गया और मामला तूल पकड़ गया, वरना यह सब कुछ अफसरों द्वारा दबा दिया जाता। सफाई व्यवस्था में खामियों को किया स्वीकार नगर निगम कमिश्नर (अतिरिक्त चार्ज) प्रदीप कुमार ने इस मामले में सफाई व्यवस्था में खामियां होने की बात स्वीकार की। उन्होंने कहा कि उस समय पर्याप्त डॉक्टरों और संसाधनों की कमी थी और नियमित मॉनिटरिंग में भी कोताही बरती गई। साथ ही ड्रेनेज नेटवर्क में कई जगह ब्लॉकेज थे, जिससे गंदा पानी रुक रहा था। सवालों से बचते नजर आए स्पेशल कमिश्नर वहीं, जब चंडीगढ़ नगर निगम स्पेशल कमिश्नर प्रदीप कुमार से इस बारे में बात की गई तो उन्होंने कहा कि इस मामले की जांच की गई है और यह देखा जा रहा है कि संबंधित अधिकारियों की ड्यूटी उस समय वहां थी या नहीं। इसके बाद जब उनसे सवाल किया गया कि प्लांट की सुपरविजन डॉक्टर इंद्रदीप के पास होती है और रोजाना रिपोर्ट भी जाती है, तो क्या उन्हें यह पता नहीं था कि वहां क्या हो रहा है। साथ ही यह भी पूछा गया कि महेंद्र पाठक की भी इस मामले में जिम्मेदारी थी तो स्पेशल कमिश्नर ने कोई जवाब नहीं दिया।
नीमच शहर में रसोई गैस की किल्लत को लेकर पिछले कुछ दिनों से चल रही अफवाहों के बाद केंट थाना प्रभारी निलेश अवस्थी ने शुक्रवार को गैस एजेंसी संचालकों की आपात बैठक ली। इसमें बताया गया कि जिले में गैस का पर्याप्त स्टॉक उपलब्ध है और आपूर्ति में कोई कमी नहीं है। संचालक बोले- दिल्ली से सर्वर डाउन एजेंसी संचालकों ने पुलिस प्रशासन को बताया कि केंद्र सरकार द्वारा गैस बुकिंग प्रक्रिया को दिल्ली से केंद्रीकृत कर दिया गया है। नई व्यवस्था के तहत सर्वर पर अत्यधिक लोड होने और तकनीकी खराबी के कारण उपभोक्ताओं को बुकिंग करने में कठिनाई आ रही है। यही कारण है कि लोगों को लग रहा है कि गैस की किल्लत है, जबकि वितरण प्रक्रिया पूरी तरह सामान्य है। पैनिक बुकिंग न करने की अपील संचालकों ने आम जनता से अपील की है कि वे किसी भी भ्रामक खबर पर विश्वास न करें। उन्होंने कहा कि घबराहट में एक साथ कई लोग बुकिंग का प्रयास कर रहे हैं, जिससे सर्वर पर दबाव और अधिक बढ़ जाता है। उपभोक्ताओं को सलाह दी गई है कि वे धैर्य रखें और आवश्यकता होने पर ही सिलेंडर बुक कराएं। थाना प्रभारी बोले- समय पर हो डिलीवरी थाना प्रभारी निलेश अवस्थी ने संचालकों को कड़े निर्देश दिए हैं कि जिन उपभोक्ताओं की बुकिंग हो चुकी है, उन्हें समय सीमा के भीतर सिलेंडर डिलीवर किए जाएं। साथ ही, उन्होंने कहा कि यदि वितरण केंद्रों पर भीड़ या विवाद की स्थिति निर्मित होती है, तो तुरंत पुलिस को सूचना दें ताकि कानून-व्यवस्था बनी रहे।
टीकमगढ़ में इन दिनों घरेलू गैस सिलेंडर पाने के लिए लोगों को मशक्कत करनी पड़ रही है। शुक्रवार को शहर की गैस एजेंसियों पर लोगों की लंबी-लंबी कतारें लगी रहीं। लोगों का कहना है कि बुकिंग वाली साइट नहीं चल रही है और घरों तक सिलेंडर भी नहीं पहुंच रहे हैं, जिससे उन्हें खुद एजेंसी तक दौड़ लगानी पड़ रही है। हालात बिगड़ते देख कलेक्टर विवेक श्रोत्रिय ने फौरन गैस डीलरों और पेट्रोल पंप मालिकों की मीटिंग बुलाई। अफवाहों से बचने की अपील मीटिंग में कलेक्टर ने साफ किया कि जिले में रसोई गैस की कोई कमी नहीं है। उन्होंने लोगों से गुजारिश की है कि वे गैस खत्म होने की अफवाहों पर यकीन न करें और न ही घबराकर जरूरत से ज्यादा सिलेंडर जमा करें। कलेक्टर ने भरोसा दिलाया कि सप्लाई बिल्कुल सामान्य है और हर किसी को उसके हक की गैस मिलेगी। कालाबाजारी पर सख्त एक्शन के निर्देश कलेक्टर ने सख्त लहजे में चेतावनी दी है कि अगर कोई भी व्यक्ति सिलेंडर की कालाबाजारी करते या उसे ऊंचे दामों पर बेचते पकड़ा गया, तो उस पर कड़ी कार्रवाई होगी। उन्होंने प्रशासन और पुलिस के अधिकारियों को आदेश दिए हैं कि वे अपने इलाकों में चेकिंग अभियान चलाएं। जो लोग गैस का अवैध स्टॉक करेंगे या अफवाह फैलाएंगे, उन पर कानूनी केस (FIR) दर्ज किया जाएगा। होटल-ढाबों में घरेलू सिलेंडर के इस्तेमाल पर रोक प्रशासन ने साफ कर दिया है कि घरेलू गैस सिलेंडर का इस्तेमाल होटलों, ढाबों या दुकानों में करना अपराध है। कलेक्टर ने निर्देश दिए हैं कि घरेलू गैस सिर्फ लोगों के घरों तक ही पहुंचनी चाहिए। जिले की सभी 22 एजेंसियों को आदेश दिए गए हैं कि वे करीब 2.62 लाख ग्राहकों को बिना किसी रुकावट के सही दाम पर सिलेंडर पहुंचाना पक्का करें। मदद के लिए जारी किए नंबर अगर किसी ग्राहक को कोई परेशानी आती है या कोई अवैध तरीके से गैस बेचता दिखे, तो उसकी शिकायत के लिए प्रशासन ने टोल फ्री नंबर भी जारी किए हैं- भारत गैस: 1800-22-4344 इंडेन गैस: 1800-2333-555 एचपी गैस: 1800-2333-555
कैथल में एएसआई को 4 साल कैद:50 हजार रुपए जुर्माना लगाया, रिश्वत मांगने का मामला
कैथल में अतिरिक्त सैशन जज नंदिता कौशिक ने रिश्वत के एक मामले में एक एएसआई को 4 साल की कैद और₹50,000 रुपए जुर्माने की सजा सुनाई है। जुर्माना न देने पर 5 महीने की अतिरिक्त सजा काटनी होगी। इस बारे में गांव भागल निवासी संदीप कुमार ने 12 दिसंबर 2023 को केस दर्ज करवाया था। एसआई बरी किया इसी केस में एक एसआई हरपाल को बरी कर दिया गया है क्योंकि उसने सीधे पैसों की मांग नहीं की और न ही पैसे लिए थे। अभियोजन पक्ष की ओर से केस की पैरवी एडीए कुलदीप गर्ग ने की। शिकायत के अनुसार 14 अक्तूबर 2023 को महावीर व कर्म सिंह वगैरा वासी भागल के साथ झगड़ा होने पर महावीर ने शिकायतकर्ता संदीप, उसकी माता कृष्णा देवी तथा पड़ोसी जयपाल व जयपाल के लडक़ों शेखर व अमन के खिलाफ मुकदमा थाना चीका में दर्ज करवाया था। इससे करीब 4-5 दिन पहले चौकी इंचार्ज एएसआई बलविन्द्र द्वारा बुलाया जाने पर संदीप अपने साले सतीश कुमार के साथ चौकी में गया था। वहां एएसआई बलविन्द्र के पास आईओ एसआई हरपाल भी बैठा था। इन दोनों ने संदीप की माता की मुकदमे में गिरफ्तारी करने का डर दिखाया और उसका नाम मुकदमे से निकालने की ऐवज में 60,000, रुपये रिश्वत के तौर पर देने की मांग की। रिश्वत की मांग की संदीप ने साठ हजार रुपये लाकर उनसे संपर्क किया व सतीश को पैसे देकर भेजा। सतीश ने बाहर आकर संदीप को बताया कि 50,000 रुपए बलविन्द्र ने व 10,000 रुपए एसआई हरपाल ने लिये हैं। इसके बाद 7 दिसंबर को संदीप चौकी में गया तो एएसआई बलविन्द्र ने उसका, पड़ोसी जयपाल के लडक़ों अमन व शेखर का नाम मुकदमा से निकालने की ऐवज में प्रत्येक के 50000 रुपए मांगे। संदीप के अनुसार वह रिश्वत नहीं देना चाहता था। उसने इसकी शिकायत एसीबी में कर दी। इस बारे में पहले चीका थाना में केस दर्ज किया गया, बाद में उसे विजिलैंस अंबाला को सौप दिया। टीम ने योजना के अनुसार संदीप को दस हजार रुपए देकर बलविंद्र के पास भेजा और उसे रिश्वत के पैसों सहित रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया। चालान बनाकर अदालत के सुपुर्द कर दिया। अदालत ने दोनों पक्षों को सुनने के बाद एएसआई बलविंदर को रिश्वत का दोषी पाया तथा 4 साल की कैद और₹50000 जुर्माने की सजा सुनाई। एसआई के खिलाफ कोई ठोस सबूत होने के कारण उसे बरी कर दिया गया।

