मुंबई पुलिस ने फिल्ममेकर रोहित शेट्टी के घर पर हुई फायरिंग के मामले में आरोपियों के खिलाफ सख्त कानून महाराष्ट्र कंट्रोल ऑफ ऑर्गनाइज्ड क्राइम एक्ट (MCOCA) लगाया है। अधिकारियों ने बुधवार को यह जानकारी दी। मुंबई क्राइम ब्रांच की एंटी-एक्सटॉर्शन सेल ने अब तक इस मामले में पांच लोगों को गिरफ्तार किया है। यह फायरिंग जुहू में स्थित रोहित शेट्टी की बिल्डिंग पर हुई थी। एक अधिकारी ने बताया, “कुछ आरोपी पहले से ही गंभीर अपराधों में शामिल रहे हैं। इसलिए इस केस में MCOCA की धाराएं लगाई गई हैं।” क्या है MCOCA?बता दें कि महाराष्ट्र कंट्रोल ऑफ ऑर्गनाइज्ड क्राइम एक्ट (MCOCA), 1999 संगठित अपराध और अपराध सिंडिकेट पर कड़ी कार्रवाई के लिए बनाया गया कानून है। धारा 3 के तहत संगठित अपराध, साजिश, मदद या सिंडिकेट की सदस्यता पर सख्त सजा का प्रावधान है, जिसमें आजीवन कारावास तक शामिल हो सकता है। धारा 4 बेनामी या अपराध से अर्जित संपत्ति पर दंड और कुर्की की अनुमति देती है। धारा 9 विशेष अदालतों को सुनवाई का अधिकार देती है। धारा 18 पुलिस के सामने दिए बयान को सबूत मानती है। धारा 19 गवाहों की सुरक्षा सुनिश्चित करती है। धारा 23 में MCOCA लगाने से पहले वरिष्ठ अधिकारी की मंजूरी जरूरी है। जमानत कठिन और चार्जशीट के लिए 180 दिन तक समय मिल सकता है। रोहित शेट्टी की बिल्डिंग पर फायरिंग हुई थी बता दें कि 31 जनवरी की देर रात करीब 12:45 बजे जुहू इलाके में रोहित शेट्टी की नौ मंजिला बिल्डिंग की पहली मंजिल पर कम से कम पांच राउंड फायरिंग की गई थी। एक गोली बिल्डिंग के अंदर मौजूद जिम के कांच पर लगी। पुलिस ने अब तक मामले में आदित्य गायकी (19), सिद्धार्थ येनपुरे (20), समर्थ पोमाजी (18), स्वप्निल सकत (23) और असराम फसाले को गिरफ्तार किया है। इस मामले में लॉरेंस गैंग का सदस्य शुभम लोंकर वांटेड है। उसने कथित तौर पर फायरिंग की जिम्मेदारी ली थी। कथित तौर पर शुभम लोंकर आरजू बिश्नोई नाम के अकाउंट की फेसबुक पोस्ट में लिखा गया था, सभी भाइयों को आज जो ये मुंबई में (शेट्टी टावर) फिल्म डायरेक्टर रोहित शेट्टी के घर पर फायरिंग हुई है, उसकी जिम्मेदारी शुभम लोनकर, आरजू बिश्नोई, हरि बॉक्सर, हरमन संधू हम लेते हैं। हमने इसको बहुत बार मैसेज लगाया कि हमारे काम में दखल ना दे, लेकिन इसको समझ में नहीं आया। इसको ये छोटा सा ट्रेलर दिया है। अगर इसने आगे फिर हमारी बात नहीं समझी और हमारी बात नहीं मानी, तो अब घर के बाहर नहीं, अंदर इसके बेडरूम में गोली चलेगी, इसकी छाती पर। इसी पोस्ट में आगे लिखा था, और आगे बॉलीवुड को चेतावनी है कि टाइम रहते सुधर जाओ, नहीं तो बहुत बुरा हाल होगा। तुम्हारा बाबा सिद्दीकी से भी बुरा हाल करेंगे। हमने जिन-जिन लोगों को फोन कर रखा है, या तो टाइम रहते लाइन पर आ जाओ, वरना छिपने के लिए जगह कम पड़ जाएगी। और जितने भी हमारे दुश्मन हैं, तैयार रहो, जल्दी ही मुलाकात होगी तुमसे। नोट- एक ही था, एक ही है और एक ही रहेगा लॉरेंस बिश्नोई गैंग। कौन है शुभम लोंकर और आरजू बिश्नोई?शुभम लोंकर लॉरेंस गैंग का एक प्रमुख की ऑपरेटिव माना जाता है। शुभम एनसीपी नेता बाबा सिद्दीकी की हत्या (अक्टूबर 2024) का मुख्य संदिग्ध और साजिशकर्ता है। उसने फेसबुक पर उस हत्या की जिम्मेदारी भी ली थी। वहीं, आरजू बिश्नोई को गैंग का एक सक्रिय सदस्य बताया जा रहा है, जो सोशल मीडिया और धमकियों के जरिए गैंग की गतिविधियों को संचालित करने में मदद करता है।
फिल्म धुरंधर की सिंगर जैस्मिन सैंडलस का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है, जिसमें वह अपने कॉन्सर्ट के बीच में गाना रोक देती हैं, क्योंकि उन्हें दिखता है कि कुछ पुरुष महिलाओं के एक ग्रुप को परेशान कर रहे हैं। यह क्लिप 7 फरवरी को जवाहरलाल नेहरू स्टेडियम में हुए जैस्मिन सैंडलस के हालिया कॉन्सर्ट की है। वीडियो में जैस्मिन पहले गाना शुरू करती हैं, फिर अचानक कहती हैं, “सिक्योरिटी, प्लीज इन दो लड़कों को बाहर निकालिए। ये लड़कियां को परेशान कर रहे हैं।” इसके बाद उन्होंने पंजाबी में भीड़ से कहा, “मैं तब तक परफॉर्म नहीं करूंगी, जब तक लड़कियां मेरे कॉन्सर्ट में सेफ महसूस नहीं करतीं।” उन्होंने आगे कहा, “मैं ऐसे ही स्टेज पर घूमती रहूंगी, जब तक समस्या हल नहीं हो जाती।” इस पर दर्शकों ने जोरदार तालियों और चीयर के साथ उनको सपोर्ट किया। वीडियो वायरल होने के बाद कई लोगों ने महिलाओं की सुरक्षा के लिए आवाज उठाने पर जैस्मिन की तारीफ की। इंस्टाग्राम पर एक यूजर ने लिखा - “जबरदस्त… सच्ची शेरनी, महिला सशक्तिकरण।” दूसरे ने कहा - “आपके लिए बहुत इज्जत है।” एक अन्य यूजर ने लिखा - “जैस्मिन सैंडलस, बहुत सही।” वहीं, एक यूजर ने यह भी कहा - “भाई, वो सच में क्वीन है।” बता दें कि जैस्मिन ने हाल ही में आदित्य धर की फिल्म धुरंधर में दो गानों को अपनी आवाज दी है। जैस्मिन ने फिल्म धुरंधर में दो प्रमुख एक फिल्म का टाइटल ट्रैक (हनुमानकाइंड के साथ) और दूसरा ट्रैक 'शरारत' गाने गाए हैं। इस कॉन्सर्ट में आयशा खान भी उनके साथ थीं। आयशा खान ने स्टेज पर कहा, “स्टेज पर आकर मैं सारे स्टेप्स भूल गई, लेकिन यहां आकर बहुत खुशी हो रही है। मैं हमेशा जैस्मिन से कहती हूं, वह भगवान की खास संतान हैं।”
फिल्म मर्दानी 3 ने बॉक्स ऑफिस पर दूसरे मंगलवार 1.60 करोड़ रुपए नेट कमाते हुए भारत में कुल 40 करोड़ रुपए नेट का आंकड़ा पार कर लिया है। यशराज फिल्म्स की इस फिल्म में रानी मुखर्जी मुख्य भूमिका में हैं। बता दें कि फिल्म ने रिलीज के दूसरे हफ्ते में भी मजबूत पकड़ बनाए रखी है। दूसरे शुक्रवार को 2.15 करोड़, शनिवार को 3.85 करोड़ और रविवार को 4.55 करोड़ रुपए की कमाई की हुई है। दूसरे सोमवार को 1.30 करोड़ और मंगलवार को 1.60 करोड़ रुपए नेट कलेक्शन हुआ। पहले हफ्ते में फिल्म ने शुक्रवार 4.00 करोड़, शनिवार 6.00 करोड़ और रविवार 7.25 करोड़ की कमाई की थी। इसके बाद सोमवार 2.40 करोड़, मंगलवार 2.70 करोड़, बुधवार 2.20 करोड़ और गुरुवार 2 करोड़ रुपए का कलेक्शन रहा। कुल मिलाकर 12 दिनों में फिल्म 40 करोड़ रुपए नेट तक पहुंच गई। ओपनिंग डे पर फिल्म ने 4 करोड़ रुपए का कलेक्शन किया था। यह मर्दानी फ्रेंचाइजी और रानी मुखर्जी की सोलो फिल्मों में सबसे बड़ी ओपनिंग मानी जा रही है। मर्दानी 3 की रिलीज के साथ रानी मुखर्जी ने हिंदी सिनेमा में अपने 30 साल भी पूरे किए हैं। मर्दानी का पहला पार्ट 2014 में रिलीज हुआ था फिल्म का निर्देशन अभिराज मीनावाला ने किया है और निर्माण आदित्य चोपड़ा ने किया है। मर्दानी का पहला पार्ट 22 अगस्त 2014 को रिलीज हुआ था, जिसका निर्देशन प्रदीप सरकार ने किया था। फिल्म ने भारत में करीब 35 से 36 करोड़ रुपए की नेट कमाई की, जबकि वर्ल्डवाइड कलेक्शन लगभग 59.55 करोड़ रुपए रहा। बॉक्स ऑफिस पर यह फिल्म हिट साबित हुई। इसके बाद मर्दानी 2, 13 दिसंबर 2019 को रिलीज हुई। इस फिल्म का निर्देशन गोपी पुथरन ने किया था। मर्दानी 2 ने भारत में लगभग 47.51 करोड़ रुपए की नेट कमाई की और दुनियाभर में करीब 67.12 करोड़ रुपए का कारोबार किया। यह फिल्म भी बॉक्स ऑफिस पर हिट रही।
अजय देवगन की फिल्म 'दृश्यम 3' की कास्ट में प्रकाश राज शामिल हो गए हैं। एक्टर ने मंगलवार को सोशल मीडिया पर यह जानकारी शेयर की। गौरतलब है कि कुछ दिन पहले फिल्म से अक्षय खन्ना के बाहर होने की खबर के चलते यह चर्चा में थी। बता दें कि प्रकाश राज ने साफ किया कि वह किसी को रिप्लेस नहीं कर रहे हैं। प्रकाश राज ने इंस्टाग्राम पर पोस्ट किया कि उन्होंने फिल्म के हिंदी वर्जन की शूटिंग शुरू कर दी है। उन्होंने इसे एक एंगेजिंग फ्रेंचाइजी बताया और एक शानदार टीम व दमदार किरदार के साथ जुड़ने की बात कही। उन्होंने यह भी साफ लिखा, हां, मैं किसी को रिप्लेस नहीं कर रहा हूं। यह अपडेट अक्षय खन्ना के फ्रेंचाइजी से बाहर होने की खबरों के बीच आया है। हाल ही में खबर आई थी कि 'दृश्यम 2' में उनकी शानदार परफॉर्मेंस के बावजूद खन्ना ने यह प्रोजेक्ट छोड़ दिया। खबर है कि तीसरे पार्ट में प्रकाश राज के लिए खास तौर पर एक नया किरदार लिखा गया है। फिल्म को अभिषेक पाठक डायरेक्ट कर रहे हैं, जिन्होंने इसका दूसरा पार्ट भी डायरेक्ट किया था। अजय देवगन एक बार फिर विजय सालगांवकर का रोल निभाएंगे। कास्ट में तब्बू, श्रिया सरन, रजत कपूर, इशिता दत्ता और मृणाल जाधव शामिल हैं। स्क्रीनप्ले अभिषेक पाठक, अमिल कियान खान और परवेज शेख ने लिखा है। फिल्म 2 अक्टूबर 2026 को थिएटर में रिलीज़ होगी। गौरतलब है कि इस तारीख को फैंस अक्सर दृश्यम डे के तौर पर याद करते हैं। मलयालम वर्जन 'दृश्यम 3', जिसमें मोहनलाल लीड रोल में हैं और जिसका निर्देशन जीतू जोसेफ ने किया है, 2 अप्रैल को रिलीज होने की उम्मीद है।
मुंबई की एक अदालत ने करण जौहर की याचिका पर उनके पक्ष में फैसला सुनाया है। पॉपुलर इन्फ्लूएंसर और यूट्यबर कैरी मिनाटी उर्फ अजय नागर ने कुछ समय पहले ही फिल्ममेकर करण जौहर को रोस्ट करते हुए एक वीडियो पोस्ट किया था, जिस पर फिल्ममेकर ने आपत्ति जताते हुए उसके खिलाफ याचिका दायर की थी। 9 फरवरी को हुई सुनवाई ने कोर्ट ने वो वीडियो डिलीट करने और साथ ही इस तरह की वीडियोज पर रोक लगाने का अंतरिम आदेश दिया है। करण जौहर की याचिका पर 9 फरवरी को मुंबई की एक अदालत में सुनवाई हुई। इस दौरान जज पांडुरंगा भोसले ने करण जौहर पर बने रोस्ट वीडियो को मानहानिकारक माना और इसे हस्तक्षेप योग्य पाया। सुनवाई के दौरान जज ने कहा, “प्रथम दृष्टया ऐसा प्रतीत होता है कि अजेय नागर और दीपक चार (कैरी मिनाटी चैनल के मैनेजर) ने वादी (करण जौहर) के खिलाफ मानहानिकारक बयान दिए हैं और अश्लील भाषा का इस्तेमाल किया है। इन वीडियो को तुरंत हटाया जाना चाहिए। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर इन्हें फैलाने या दोबारा साझा करने वालों के खिलाफ भी रोक लगनी चाहिए। क्या है पूरा मामला कैरी मिनाटी एक पॉपुलर यूट्यूबर हैं, जिनके यूट्यूबर चैनल में 45.3 मिलियन सब्सक्राइबर हैं। वो अपने चैनल पर सेलेब्स और पॉपुलर पर्सनालिटी का मजाक उड़ाते या उनके स्पूफ वीडियो पोस्ट करते हैं। हाल ही में उन्होंने करण जौहर को मॉक करते हुए उनके पॉपुलर चैट शो कॉफी विद करण का स्पूफ वीडियो बनाया, जिसका टाइटल था कॉफी विद जलन। करण जौहर की तरह तैयार हुए कैरी मिनाटी ने वीडियो में बेहद अभद्र भाषा का इस्तेमाल करते हुए आपत्तिजनक कमेंट्स किए। इसमें करण के अलावा रेसलर खली, रणवीर सिंह और सलमान खान की भी नकल कर आपत्तिजनक भाषा इस्तेमाल की गई। वीडियो जारी होने के बाद करण जौहर ने इस पर आपत्ति जताते हुए मुंबई की एक कोर्ट में याचिका दायर की थी। कोर्ट के आदेश के बाद कैरी मिनाटी ने तो अपने चैनल ने वो वीडियो डिलीट कर दिया है, हालांकि अन्य चैनल्स पर अब भी वो वीडियो मौजूद है। जबकि आदेश में साफ कहा गया है कि वीडियो सर्कुलेट करने पर भी कार्रवाई हो सकती है।
9 करोड़ रुपए के चेक बाउंस केस में सरेंडर के बाद से एक्टर राजपाल यादव तिहाड़ जेल में बंद हैं। एक्टर इन दिनों आर्थिक तंगी का सामना कर रहे हैं और उनके पास लौटाने के लिए इतनी बड़ी रकम नहीं है। खबर सामने आने के बाद एक्टर सोनू सूद ने राजपाल यादव को फिल्म में साइन कर एक बड़ा साइनिंग अमाउंट दिया और साथ दूसरे प्रोड्यूसर से मदद के लिए आगे आने की अपील की थी। इसके बाद से ही राजपाल यादव को देशभर से आर्थिक मदद मिल रही है। फिल्म फेडरेशन ने प्रोड्यूसर्स से की मदद की अपील बुधवार को FWICE (फेडरेशन ऑफ वेस्टर्न इंडिया सिने एंप्लॉय्ज) ने सभी प्रोड्यूसर से अपील की है कि वो जल्द से जल्द राजपाल यादव की मदद करें। फेडरेशन की ओर से जारी प्रेस रिलीज में लिखा गया है, राजपाल यादव सिर्फ ऐसे प्रसिद्ध अभिनेता ही नहीं हैं जिन्होंने अपनी अभिनय प्रतिभा से लाखों लोगों को खुशी और हंसी दी है, बल्कि वे इंडस्ट्री के एक समर्पित सदस्य भी हैं, जिन्होंने दशकों की मेहनत और यादगार भूमिकाओं के जरिए भारतीय सिनेमा में उल्लेखनीय योगदान दिया है। श्री राजपाल यादव इस समय गंभीर कठिनाइयों का सामना कर रहे हैं, जिनमें बढ़ती देनदारियां और कारावास भी शामिल हैं। यह स्थिति उनके चरित्र या ईमानदारी को नहीं दर्शाती, बल्कि उन हालात का परिणाम है जो नियंत्रण से बाहर हो गए। आगे लिखा गया है, ‘इस निर्णायक घड़ी में FWICE का मानना है कि यह समय है जब फिल्म इंडस्ट्री अपने एक साथी के प्रति एकजुटता, करुणा और सामूहिक जिम्मेदारी का परिचय दे। आर्थिक संकट किसी को भी प्रभावित कर सकता है, चाहे उसका कद या सफलता कुछ भी हो। एक बिरादरी के रूप में हमारी पहचान इस बात से तय होती है कि हम जरूरत के समय अपने सहयोगियों के साथ कैसे खड़े होते हैं।’ गुरमीत चौधरी ने भी की अपील एक्टर गुरमीत चौधरी ने राजपाल यादव का समर्थन कर लिखा है, मुझे यह देखकर बहुत दुख होता है कि इतने सीनियर और बेहद प्रतिभाशाली कलाकार राजपाल यादव इस मुश्किल दौर से गुजर रहे हैं। उन्होंने हमें अनगिनत मुस्कानें, हंसी और यादगार पल दिए हैं। आज उन्हें हमारी जरूरत है। आगे गुरमीत लिखते हैं, एक साथी कलाकार और इंसान होने के नाते, मैं अपनी तरफ से हर संभव मदद करने के लिए आगे आ रहा हूं। मैं सभी प्रोड्यूसरों, डायरेक्टर्स और फिल्म इंडस्ट्री से जुड़े लोगों से विनम्र अपील करता हूं कि हम सब मिलकर, इंसानियत और करुणा के साथ, कोई रास्ता निकालें। हमारी इंडस्ट्री एक परिवार है, और परिवार अपने लोगों को अकेला नहीं छोड़ता। सबसे पहले सोनू सूद ने की मदद सोनू सूद ने X और इंस्टाग्राम स्टोरीज पर पोस्ट शेयर करते हुए लिखा, राजपाल यादव एक बहुत ही प्रतिभाशाली अभिनेता हैं जिन्होंने हमारी फिल्म इंडस्ट्री को कई यादगार और अविस्मरणीय काम दिए हैं। कभी-कभी जिंदगी अन्यायपूर्ण हो जाती है, लेकिन इसका मतलब यह नहीं कि किसी में टैलेंट की कमी है, बल्कि समय कभी-कभी बहुत कठोर हो सकता है। वह मेरी फिल्म का हिस्सा होंगे और मेरा मानना है कि यह वह समय है जब हम सभी प्रोड्यूसर, डायरेक्टर और सहयोगी एक साथ खड़े हों। जो छोटा सा साइनिंग अमाउंट दिया जाएगा, जिसे भविष्य के काम के हिसाब से समायोजित किया जा सकता है, वह कोई दान नहीं है, बल्कि यह उनका सम्मान और गरिमा है। उन्होंने आगे कहा, ‘जब हमारे अपने में से कोई मुश्किल समय से गुजर रहा हो, तो इंडस्ट्री को उसे यह याद दिलाना चाहिए कि वह अकेला नहीं है। इसी तरह हम दिखा सकते हैं कि हम सिर्फ एक इंडस्ट्री नहीं, बल्कि एक परिवार हैं।’ तेज प्रताप यादव ने दी 11 लाख रुपए की मदद राजपाल यादव की मदद की घोषणा करते हुए राजनेता तेज प्रताप यादव ने आधिकारिक सोशल मीडिया अकाउंट से लिखा, मुझे अभी मेरे बड़े भाई राव इंदरजीत यादव जी की पोस्ट के माध्यम से माननीय राजपाल यादव जी के परिवार की पीड़ा के विषय में जानकारी प्राप्त हुई। इस अत्यंत कठिन समय में मैं और मेरा पूरा JJD (जन शक्ति जनता दल) परिवार, उनके शोकाकुल परिवार के साथ पूरी संवेदना और मजबूती से खड़ा है।मानवीय करुणा एवं सहयोग की भावना से, मैं JJD परिवार की ओर से ₹11,00,000 (ग्यारह लाख रुपए) की आर्थिक सहायता उनके परिवार को प्रदान कर रहा हूं। जेम्स टून म्यूजिक के ओनर राव इंद्रजीत सिंह यादव ने भी राजपाल यादव की मदद के लिए 1.11 करोड़ की आर्थिक सहायता दी है। उन्होंने न सिर्फ एक कलाकार, बल्कि एक इंसान के तौर पर राजपाल यादव का साथ दिया। साथ ही, उन्होंने देशवासियों से भी अपील की कि वे आगे आकर राजपाल यादव और उनके परिवार का सहयोग करें। सरेंडर से पहले राजपाल यादव ने कहा- मेरे पास पैसे नहीं चेक बाउंस केस में सरेंडर से पहले राजपाल यादव ने एक स्टेटमेंट में कहा था, क्या करूं? मेरे पास पैसे नहीं हैं। और कोई उपाय नजर नहीं आता। यहां हम सब अकेले हैं। कोई दोस्त नहीं है। मुझे इस संकट का सामना खुद ही करना होगा। क्यों जेल में बंद हैं राजपाल यादव? साल 2010 में राजपाल यादव ने फिल्म अता पता लापता बनाने के लिए प्राइवेट कंपनी मुरली प्रोजेक्ट्स प्राइवेट लिमिटेड से 5 करोड़ रुपए का कर्ज लिया था। ये फिल्म फ्लॉप रही और राजपाल यादव को आर्थिक तंगी का सामना करना पड़ा। राजपाल यादव समय रहते कर्ज की रकम नहीं लौटा सके। लोन लेते समय राजपाल यादव ने जो चेक कंपनी को दिए थे वो बाउंस हो गए, जिसके बाद एक्टर के खिलाफ शिकायत दर्ज करवाई गई। दोनों पार्टी के बीच समझौते के बावजूद पूरी पेमेंट नहीं हुई और समय के साथ ब्याज जुड़ता गया, जिससे कुल कर्ज काफी बढ़ गया। साल 2018 में दिल्ली की कड़कड़डूमा कोर्ट ने राजपाल यादव को दोषी ठहराया और उन्हें छह महीने की जेल की सजा सुनाई। इसके बाद उन्होंने उच्च अदालत में अपील की, जहां उन्हें कई बार राहत मिली, क्योंकि उन्होंने भुगतान और समझौते का भरोसा दिया था।
मंगलवार को बॉलीवुड एक्टर रणवीर सिंह को जान से मारने की धमकी दी गई थी, जिसके बाद अब सलमान खान के रिश्तेदार को करोड़ों रुपए न देने पर जान से मारने की धमकी दी गई है। ये घटना मगंलवार की बताई जा रही है। आजतक की रिपोर्ट के अनुसार, सलमान खान के करीबी रिश्तेदार को ईमेल के जरिए धमकी दी गई है। मेल में साफ लिखा है कि अगर करोड़ों रुपयों की मांग पूरी नहीं की जाती तो उन्हें जान का खतरा होगा। फिलहाल सलमान खान के किस रिश्तेदार को धमकी मिली है ये साफ नहीं है, हालांकि रिपोर्ट्स के अनुसार, उनका वो रिश्तेदार फिल्म इंडस्ट्री से जुड़ा हुआ है और एक एक्टर है। फिलहाल इस मामले में अब तक पुलिस शिकायत दर्ज नहीं की गई है। रणवीर सिंह को व्हॉट्सएप वॉइस नोट से मिली जरिए सलमान खान के रिश्तेदार से पहले मंगलवार को रणवीर सिंह को धमकी मिली है। पुलिस सूत्रों के अनुसार, रणवीर को ये धमकी व्हॉट्सएप में वॉइस नोट के जरिए भेजी गई है, जिसमें कहा गया है कि अगर करोड़ों रुपए नहीं दिए जाते तो एक्टर को जान का खतरा होगा। शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने रणवीर के बांद्रा स्थित घर की सिक्योरिटी बढ़ा दी है। इसके साथ ही मुंबई पुलिस और क्राइम ब्रांच ने वॉइस नोट भेजने वाले शख्स की तलाश शुरू कर दी है। उस शख्स ने भी खुद को लॉरेंस गैंग का सदस्य बताया था। रोहित शेट्टी फायरिंग केस से कनेक्शन की जांच धमकियों के इन मामलों से ठीक पहले 31 जनवरी को डायरेक्टर रोहित शेट्टी के घर के बाहर 4 राउंड फायरिंग की गई थी। अब पुलिस इस बात की भी जांच कर रही है कि क्या रणवीर सिंह को मिली धमकी का कोई सीधा संबंध रोहित शेट्टी के घर पर हुई फायरिंग की घटना से है या यह डर फैलाने की साजिश है। टारगेट में थे रोहित शेट्टी निर्देशक रोहित शेट्टी के मुंबई स्थित घर के बाहर 31 जनवरी को पांच राउंड फायरिंग की घटना सामने आई थी, जिसके बाद से मुंबई क्राइम ब्रांच इस मामले की जांच में जुटी हुई है। जांच के दौरान यह खुलासा हुआ है कि इस फायरिंग में रोहित शेट्टी ही हमलावरों का मुख्य टारगेट थे। इस मामले में पुलिस ने 5 फरवरी को आरोपी आसाराम फसाले को गिरफ्तार किया था। पुलिस जांच के मुताबिक, आसाराम फसाले पिछले चार वर्षों से गैरेज मैकेनिक के तौर पर काम कर रहा था और लॉरेंस गैंग से जुड़ा हुआ था। वह गैंग के मास्टरमाइंड शुभम लोंकर के निर्देश पर हथियारों की सप्लाई करता था। इस केस में पहले से गिरफ्तार चार आरोपियों में से आसाराम फसाले की सीधी पहचान स्वप्निल सकट से थी, जो शुभम लोंकर के जरिए कराई गई थी। बताया जा रहा है कि लोंकर के निर्देश पर फसाले ने ही सकट को हथियार मुहैया कराए थे, जिन्हें बाद में एक अज्ञात शूटर तक पहुंचाया गया। इन्हीं हथियारों का इस्तेमाल फायरिंग की घटना में किया गया। क्राइम ब्रांच को यह भी जानकारी मिली है कि आसाराम के गैंग से जुड़े होने की भनक उसके कुछ करीबी लोगों को थी। हालांकि, वे लोग कौन हैं और क्या उनका भी लॉरेंस गैंग से कोई सीधा कनेक्शन है, इस एंगल से पुलिस अब जांच कर रही है।
पंजाब पुलिस ने ड्रग्स-गैंगस्टरों के खिलाफ शुरू किए ऑपरेशन प्रहार-2 में पंजाबी सिंगर परमजीत कौर पम्मी को भाई के साथ अरेस्ट कर लिया। उनसे 8 ग्राम हेरोइन बरामद की गई। अब दोनों जेल भेज दिए गए हैं। गिरफ्तारी के बाद सिंगर पम्मी सुर्खियों में आ गई। पम्मी पहले स्टेज शो करती थी। कुछ गाने भी रिलीज हुए। मगर, कोरोना काल में उसका सारा काम चौपट हो गया। इनकम बंद हुई तो वह अपनी मां-बहन के नशा तस्करी के धंधे में उतर गई। इसके बाद ड्रग ओवरडोज से युवक की मौत को लेकर गिरफ्तार हुई और जेल गई। जब वह बाहर निकली तो सुधरने के बजाय सिंगिंग छोड़ फिर से नशा तस्करी के धंधे में उतर आई। उसने अपने भाई को भी इसमें शामिल कर लिया। इस दौरान ब्रेकअप हुआ तो उसने शादी नहीं की। लुधियाना की रहने वाली परमजीत पम्मी सिंगर से तस्कर कैसे बनी, पढ़िए पूरी रिपोर्ट… पम्मी के सिंगर से तस्कर बनने की पूरी कहानी जानिए… पम्मी का परिवार करता रहा नशा तस्करीपरमजीत पम्मी लुधियाना के माछीवाड़ा साहिब स्थित रहीमाबाद खुर्द की रहने वाली है। पम्मी पंजाबी सिंगर के तौर पर अपना करियर डेवलप कर रही थी। वहीं दूसरी तरफ उसका परिवार नशा तस्करी के धंधे में शामिल हो गया। पम्मी की मां व बहन पर नशा तस्करी के तीन-तीन मामले दर्ज हैं। वहीं पम्मी की बहन बेअंत कौर पर तो हत्या का मामला भी दर्ज हो चुका है। पम्मी की बहन बेअंत कौर ने परिवार में सबसे पहले नशा तस्करी का काम शुरू किया। उस समय पम्मी पूरी तरह से सिंगिंग की दुनियां में व्यस्त थी। बेअंत कौर और उसकी मां पर 17 अगस्त 2018 में पहला पर्चा दर्ज हुआ। दूसर पर्चा 28 फरवरी 2020 में दर्ज हुआ। कोविड में स्टेज प्रोग्राम बंद हुए तो तस्करी में लगीपम्मी ने बताया कि कोविड के दौरान स्टेज शो व अखाड़े लगने बंद हो गए। जिससे उसकी आमदनी पूरी तरह से बंद हो गई। परिवार पर डिपेंड थी तो बहन ने उसे भी नशा तस्करी करने को कहा। कोविड के दौरान पम्मी की बहन के साथ उसकी मां ने भी नशा तस्करी करनी शुरू कर दी। इसी बीच आर्थिक संकट से गुजर रही पम्मी भी मां व बहन के साथ नशा तस्करी करने लगी। परमजीत कौर पम्मी की बहन बेअंत कौर ने कुछ समय पहले ही अपने घर में नशा देकर युवक को मौत के घाट उतार दिया था। बेअंत के घर जब टीका लगाने से युवक की मौत हुई थी तो शव घर के बाहर फेंक दिया था। पुलिस ने कत्ल केस में बेअंत कौर को गिरफ्तार किया था। बेअंत कौर के खिलाफ 19 जुलाई 2022 में हत्या का मामला दर्ज हुआ और वो गिरफ्तार हो गई। ओवरडोज से युवक की मौत हुई तो जेल जाना पड़ामाछीवाड़ा पुलिस का कहना है कि जब पम्मी की बहन जेल गए तो उसने नशा तस्करी के कारोबार को संभाला। मां के साथ मिलकर पम्मी नशा तस्करी करते रहे। माछीवाड़ा में 30 जुलाई 2023 को एक युवक की नशे की ओवरडोज के कारण मौत हो गई थी। पुलिस ने पहले अज्ञात व्यक्तियों के खिलाफ मामला दर्ज किया। जांच की तो कुलदीप नाम के युवक पर नशा देने के आरोप लगे। कुलदीप ने नशा पम्मी से लिया था। पुलिस ने तब पम्मी के खिलाफ गैर इरादतन हत्या का मामला दर्ज किया और पम्मी व कुलदीप को गिरफ्तार किया। जेल से छूटने के बाद फिर नशा बेचने लगीकुछ महीने जेल में रहने के बाद पम्मी जमानत पर बाहर आई और उसने फिर से नशा तस्करी का काम शुरू कर दिया। पम्मी चिट्टा लेकर युवकों को देती और वो आगे सप्लाई करते थे। पम्मी ने नशे के कारोबार को अब पूरी तरह से अपने हाथ में ले लिया था। इस काम में अब उसने अपने भाई को भी शमिल कर दिया। सोमवार को प्रहार-2 के दौरान पुलिस ने माछीवाड़ा साहिब में कोहाड़ा रोड स्थित अडियाना बस स्टैंड के पास पम्मी व उसके भाई सरवन को एनडीपीएस एक्ट के तहत गिरफ्तार कर लिया। पम्मी की पर्सनल लाइफ के बारे में जानिए… जालंधर दूरदर्शन पर पम्मी का गीत हुआ था प्रसिद्ध परमजीत पम्मी ने एक इंटरव्यू में बताया था कि उसका एक गाना ' कई दिन हो गए तैनू फोन मैं मिलौंदी ' जालंधर दूरदर्शन पर चलने के बाद वो काफी प्रसिद्ध हुआ था और उस के बाद एक गायक के साथ मिलकर उसने कई अखाड़े भी लगाए व उसी गायक के साथ एक धार्मिक एल्बम और कई पंजाबी गाने भी गाए। कोविड से पहले पम्मी ने एक धार्मिक एल्बम रिकार्ड की गई थी। एल्बम रिलीज होने से पहले कोविड शुरु हो गया और कंपनी ने वो एल्बम रिलीज नहीं की। जिसके कारण उसे भारी नुकसान झेलना पड़ा। प्यार में भी धोखा मिला तो नहीं की शादीपम्मी ने बताया था कि गायकी दौरान उसका एक युवक के साथ अफेयर भी चला था और वो युवक एक अच्छा दोस्त भी बन गया था परन्तु यह दोस्ती अधिक समय तक ना चली और एक साल के बाद ही ब्रेकअप हो गया। माछीवाड़ा साहिब के थाना तक भी यह मामला पहुंच गया था और हमने आपसी सहमति से दूरियां बना ली थी। मैंने कभी विवाह भी नहीं किया। पम्मी और बेअंत कौर से भी इनकी एक छोटी बहन भी है, जो के घर में पीर बाबा की चौंकी लगाया करती थी। जिस कारण कई लोग उनके घर में माथा टेकने भी आते थे।
बॉलीवुड क्राइम फाइल्स के अरुण टिक्कू मर्डर केस में अब तक आपने पढ़ा कि 7 अप्रैल 2012 को समर्थ आंगन बिल्डिंग से निकलते हुए एक शख्स अरुण टिक्कू की हत्या होते देखता है और पुलिस को इन्फॉर्म करता है। अरुण टिक्कू की हत्या के बाद उनका बेटा एक्टर अनुज टिक्कू लापता हो जाता है, जिससे पुलिस का उन पर शक बढ़ जाता है। जब अनुज की गिरफ्तारी होती है तो वो बताते हैं कि वो दोस्त करण सूद के साथ गोवा गए थे और उनके पिता रेंटल एग्रीमेंट देखने उसी दिन दिल्ली से मुंबई आए थे। घर में रेनोवेशन चल रहा था। 2 पुताई करने आए शख्स वहां मौजूद थे, जो उनके दोस्त करण सूद के नौकर थे। जांच में सामने आया कि जिस करण सूद को अनुज दोस्त कह रहे थे, वो असल में कुख्यात गैंगस्टर है, जिसे पहले डबल मर्डर के आरोप में उम्रकैद हुई थी। अनुज पुलिस को बताते हैं कि करण से उनकी मुलाकात एक्ट्रेस सिमरन सूद ने करवाई थी। सिमरन से उनसे कहा था कि करण बडे़ होटेलियर हैं और उनके भाई हैं। करण और सिमरन के कहने पर वो अपना फ्लैट एक जर्मन महिला को किराए पर दे रहे थे और पिता रेंट एग्रीमेंट देखने ही मुंबई आए थे। अरुण टिक्कू हत्याकांड के पार्ट-2 में जानिए आगे की कहानी- डबल मर्डर केस में विजय पालांडे को उम्रकैद की सजा हुई थी, जबकि सिमरन को तब छोड़ दिया गया था। करीब 2 साल तक जेल में रहने के बाद विजय पेरोल पर बाहर आए और भाग निकले। विजय पालांडे इस मामले में भी कस्टडी से भागने की नाकाम कोशिश कर चुके थे, जिससे पुलिस ने उन्हें कड़ी निगरानी में रखी और सख्ती से पूछताछ की। 12 अप्रैल को हुई पूछताछ में विजय पालांडे ने बेहद शॉकिंग खुलासे किए, जिससे न सिर्फ अरुण टिक्कू बल्कि एक प्रोड्यूसर की गुमशुदगी के तार भी जुड़े थे। विजय के इकबाल-ए-जुर्म के अनुसार, वो अनुज टिक्कू की प्रॉपर्टी हथियाने के बाद उनकी हत्या करना चाहता था। 2 साल पहले सिमरन ने अनुज से दोस्ती की और फिर विजय को करण सूद बताकर उससे मिलवाया। दोनों ने उन्हें अपनी रईसी की कहानियां सुनाईं और अनुज से गहरी दोस्ती कर ली। वो जिस विदेशी महिला को अनुज का फ्लैट किराए पर दिलवा रहे थे, वो विजय की ही पत्नी थी। प्लान के अनुसार, दोनों अनुज से प्रॉपर्टी के पेपर्स साइन करवाते और फिर उनकी गोवा ले जाकर हत्या करते। लेकिन इसी बीच उन्हें पता चला कि अनुज के पिता अरुण टिक्कू उनकी अचानक बढ़ती दोस्ती पर शक करने लगे थे और रेंटल एग्रीमेंट देखना चाहते थे। विजय ये भी जान चुका था कि अरुण टिक्कू डॉक्यूमेंटेशन के पक्के हैं और उनके रहते प्रॉपर्टी ट्रांसफर करना मुश्किल है। ऐसे में विजय ने अनुज के पिता अरुण को ये कहते हुए मुंबई बुलाया कि उनके बेटे ने बिना किराए के दो लोगों को फ्लैट में ठहराया हुआ है। विजय की बात सुनकर अरुण मुंबई आए थे। प्लान के तहते उसी रोज वो बेटे अनुज को अपने साथ गोवा ले गए और दूसरी तरफ फ्लैट में पिता की हत्या कर दी गई। अनुज टिक्कू पिता की हत्या के बाद उसी फ्लैट में रहे थे। तब तक क्राइम सीन को जस का तस ही रखा गया था। जब अनुज को पूछताछ के बाद छोड़ा गया तो वो उसी घर में रहे और उसी कमरे में सोए जहां पिता का कत्ल हुआ था। इस पर अनुज कहते हैं- घर में घुसते ही सब कुछ उलटा-पुलटा था। फ्रिज गिरा हुआ, मैट्रेस इधर-उधर, सोफे उलटे। बाथरूम में खून, टाइल्स टूटी हुई, दीवारों पर खून के छींटों के निशान। वो पूरा क्राइम सीन था। पुलिस ने जो लड़का मेरे साथ भेजा था, वो ये देखकर भाग गया। उसी क्राइम सीन में मैं रात को सोया। साल 2012 में उस समय के मशहूर क्राइम रिपोर्टर नीरज अग्रवाल केस को कवर कर रहे थे। दैनिक भास्कर से बातचीत में उन्होंने बताया कि इस हत्याकांड के बाद अनुज की स्थिति ठीक नहीं थी। वो कहते हैं- ‘अनुज की हालत इतनी खराब थी कि वह पुलिस से भी ठीक से बात नहीं कर पा रहा था। अनुज एक बहुत ही सीधा‑सादा किस्म का लड़का था। उसकी दुनिया में दोस्त नहीं थे। वह उस तरह का इंसान नहीं था जो दो मिनट में किसी से दोस्ती कर ले। उसकी मानसिक स्थिति को आसानी से मैनिपुलेट किया जा सकता था। आप उसे स्ट्रीट‑स्मार्ट या बहुत दुनियादार भी नहीं कह सकते। यह बात उसके पिता मिस्टर टिक्कू जानते थे, हालांकि वह दिल्ली में रहते थे।’ आगे नीरज कहते हैं, ‘अनुज मुंबई एक्टिंग करने आया था, लेकिन इंडस्ट्री में उसकी नेटवर्किंग बहुत कमजोर थी। फिल्म इंडस्ट्री का उसूल है जितने ज्यादा लोग, उतनी ज्यादा संभावनाएं। यह कमी अनुज में थी, इसलिए उसे काम भी कम मिलता था।’ ‘उसके पास एक नीले रंग की मर्सिडीज कार भी थी, जिसे विजय पालांडे हथियाना चाहता था। उसे यह भी पता चला कि अनुज का अंधेरी में एक 2BHK फ्लैट है, जिसकी वैल्यू उस वक्त करीब ढाई‑तीन करोड़ या उससे ज्यादा थी। प्लान यह था कि फ्लैट किराए पर लेकर, कब्जा करके, फर्जी दस्तावेजों से उसे अपने या सिमरन के नाम ट्रांसफर कर दिया जाए और फिर बेचकर पैसा कमाया जाए।’अनुज टिक्कू की हत्या वाले दिन किया था एक प्रोड्यूसर का कत्ल अरुण टिक्कू हत्याकांड के कबूलनामे के बाद विजय ने पुलिस बयान में एक और हत्याकांड का भी खुलासा किया, जिसे उसने 7 अप्रैल को ही अंजाम दिया था। दरअसल, 5 अप्रैल को पुलिस को प्रोड्यूसर करण कक्कड़ के गुमशुदा होने की शिकायत मिली थी, जिनकी तलाश जारी थी। करण कक्कड़ एक अमीर बिजनेसमैन थे, जो फिल्मों में पैसे लगाना चाहते थे। इसकी खबर लगते ही सिमरन ने उन्हें टारगेट कर नजदीकियां बढ़ाना शुरू कर दिया। उन्होंने आश्वासन दिया कि वो करण को बतौर प्रोड्यूसर एक फिल्म से जोड़ेंगी। 5 अप्रैल को मीटिंग का झांसा देकर सिमरन और विजय पालांडे उन्हें किराए के एक फ्लैट में ले गए और बंदी बना लिया। दोनों ने करण के अकाउंट से पैसे निकाले और क्रेडिट कार्ड से लाखों की शॉपिंग की। पूरे पैसे निकालने के बाद 7 अप्रैल को दोनों ने मिलकर करण कक्कड़ की गला काटकर हत्या कर दी। पुलिस बयान में विजय ने बताया कि हत्या से पहले उन्होंने करण कक्कड़ से पूछा कि उनका गला होश में काटा जाए या वो नींद की गोलियां खाना चाहेंगे। करण के कहने पर दोनों ने उन्हें 14 नींद की गोलियां खिलाईं और फिर बाथरूम में उनका गला काट दिया। दोनों ने लाश के टुकड़े किए और फिर उसे कुंभरली घाट में फेंक दिया। विजय की निशानदेही में पुलिस ने कुंभरली घाट से करण का कंकाल बरामद किया। विजय पालांडे के कबूलनामे के बाद सिमरन सूद को 12 अप्रैल को गिरफ्तार किया गया। उन्होंने खुद पर लगे सभी आरोपों को बेबुनियाद बताया था। जब पुलिस ने सिमरन और विजय के जॉइंट बैंक लॉकर की जांच की तो उन्हें वहां अनुज टिक्कू का एक सुसाइड नोट भी मिला। नोट में अनुज की हैंडराइटिंग में उनके सिग्नेचर के साथ लिखा गया था- I, Anuj Tiku, am not happy with my life and I want to leave my body and go towards moksha. Nobody should be responsible for my death.”(“मैं अनुज टिक्कू अपने जीवन से निराश हूं और अपनी देह छोड़कर मोक्ष की ओर जाना चाहता हूं। मेरी मौत का कोई जिम्मेदार नहीं है।”) विजय ने बताया कि वो अनुज की हत्या के बाद ये सुसाइड नोट जारी करते, जिससे सबको लगता कि पिता की हत्या के बाद उन्होंने सुसाइड कर लिया है। दैनिक भास्कर से बातचीत में अनुज टिक्कू कहते हैं, ‘इनका प्लान था पहले मुझे मारना और फिर मेरे पिता को। लेकिन पापा के अचानक आ जाने से प्लान बदलना पड़ा। उस समय मेरी हालत ये थी कि मैं थोड़ा बहुत डोप लेता था। ये बात 6 तारीख की रात से कुछ दिन पहले की है। एक दिन उन्होंने मुझे बीयर पिलाई गई, जिसमें नशीली दवा मिलाई थी। मैं कभी बीयर पीकर उल्टी नहीं करता, लेकिन उस दिन मैंने उल्टी की, जबकि मैंने आधी बोतल से ज्यादा नहीं पी थी। वहीं उन्होंने नशे में मेरा हाथ पकड़कर वो लेटर लिखवाया। अगर कोई सच में डिप्रेस्ड होकर सुसाइड नोट लिखता, तो वो कमरे में कहीं पड़ा होता, बैंक लॉकर में क्यों मिलता?’ हीरोइन बनने के लिए मुंबई आईं थीं सिमरन फिर गैंगस्टर से बनी जोड़ी 1995 में सिमरन सूद एक डांस कॉम्पिटिशन के लिए मुंबई आई थीं। वो ये कॉम्पिटिशन तो नहीं जीतीं, लेकिन मॉडलिंग के प्रोजेक्ट्स मिलने के बाद वो मुंबई में ही रहने लगीं। एक पेज-3 पार्टी में सिमरन की मुलाकात विजय पालांडे से हुई और समय के साथ दोनों रिलेशनशिप में आ गए। विजय पालांडे से मुलाकात के बाद सिमरन की जिंदगी में लग्जरी की कोई कमी नहीं थी। वो अपनी ज्यादातर कमाई सिमरन पर खर्च करता था। उसकी कमाई का जरिया थी लूट और दो नंबर के काम। सिमरन ने उस समय कई प्लास्टिक सर्जरी करवाईं। साल 1997 में सिमरन ने बिजनेसमैन कहते हुए विजय की मुलाकात पेरेंट्स से करवाई और शादी की बात की। परिवार इस रिश्ते के खिलाफ था, लेकिन इसके बावजूद दोनों ने 1997 में शादी कर ली। समय के साथ सिमरन भी विजय के प्लान्स में शामिल होने लगीं। डबल मर्डर केस में सिमरन बनीं भागीदार 1998 में विजय पालांडे मुंबई के कॉपर चिमनी रेस्टोरेंट में काम करता था। यहां उसने देखा कि अनूप दास अक्सर रेस्टोरेंट में आते हैं। अनूप एयर इंडिया के इंजीनियर थे, जिन्हें विजय ने टारगेट बनाया। प्लान के तहत विजय ने पहले खुद अनूप से दोस्ती की और फिर सिमरन को बहन बताते हुए उनसे मुलाकात करवाई। सिमरन ने उनसे जल्द ही नजदीकियां बढ़ा लीं, जिससे उनका घर आना-जाना भी बढ़ गया। अनूप के परिवार वाले भी सिमरन से परिचित थे। विजय जानता था कि अनूप की जुहू में प्रॉपर्टी है, जिसपर उनकी नजरें थीं। सिमरन ने एक रोज अनूप से कहा कि उनके पास मुंबई में रहने के लिए घर नहीं है, तो उसने अपना फ्लैट सिमरन को रहने दे दिया। सिमरन उस फ्लैट में विजय पालांडे के साथ रहने लगीं। फ्लैट मिलने के बाद सिमरन और विजय ने अनूप की हत्या की साजिश रची। 26 जनवरी 1998 को दोनों ने अनूप को एक बिजनेस मीटिंग के लिए महाबलेश्वर बुलाया था। अनूप बिना किसी को बताए महाबलेश्वर निकले, लेकिन इसके बाद से ही उनकी कोई खबर नहीं मिली। सिमरन और विजय ने उनका महाबलेश्वर के रास्ते में ही कत्ल कर उनकी लाश ठिकाने लगा थी। अनूप दास के पिता स्वराज रंजन ने बेटे के बारे में पता करने के लिए जब विजय पालांडे को कॉल किया तो जवाब मिला कि अनूप उनके साथ हैं, कुछ दिनों में लौट आएंगे। करीब एक हफ्ते बाद भी जब अनूप नहीं लौटे, तो स्वराज ने फिर विजय को कॉल किया। इस बार विजय ने कहा कि अनूप उनसे मिलना चाहते हैं और उन्हें महाबलेश्वर बुला रहे हैं। सिमरन और विजय का अनूप के घर में इस कदर आना-जाना था कि उनपर कभी किसी को शक नहीं हुआ। विजय से बात करने के तुरंत बाद ही स्वराज रंजन महाबलेश्वर पहुंचे। तब विजय और सिमरन ने बेटे से मिलने के बदले 7 लाख रुपए की डिमांड रख दी। स्वराज ने उन्हें 7 लाख ट्रांसफर भी किए, लेकिन दोनों ने इसके तुरंत बाद उनका भी कत्ल कर दिया। स्वराज रंजन की पत्नी ने उनकी और बेटे की मिसिंग कंप्लेंट दर्ज करवाई थी। जिसकी जांच में विजय पालांडे और सिमरन की गिरफ्तारी हुई। विजय पालांडे ने पुलिस कस्टडी में जुर्म कबूल कर लिया। उन्हें इस केस में उम्रकैद की सजा हुई, जबकि सिमरन को कुछ महीनों बाद ही छोड़ दिया गया था। विजय पालांडे 2 सालों तक जेल में रहा, लेकिन फिर पेरोल से भाग निकला। विजय से अलग होने के बाद सिमरन सूद फिर मॉडलिंग और एक्टिंग करियर में व्यस्त हो गईं। लेकिन 2005 में विजय ने फिर उनसे संपर्क किया। विजय पेरोल से भागने के बाद दुबई जाकर छिप गया। वहां उसने प्लास्टिक सर्जरी के जरिए हुलिया बदल लिया और फिर मुंबई आ गया। सिमरन स्ट्रगल करते हुए चंद रुपयों में गुजारा कर तंग आ चुकी थीं। ऐसे में विजय के लौटते ही उन्होंने फिर उसका साथ दिया। बिजनेसमैन गौतम वोरा की भी हत्या की रची साजिश विजय के मुंबई लौटते ही सिमरन ने 2005 में बिजनेसमैन गौतम वोरा को अपना अगला टारगेट बनाया। सिमरन ने गौतम को शादी के लिए राजी किया। प्लान था कि शादी के बाद सिमरन और विजय गौतम का कत्ल करेंगे, जिससे गौतम की सारी प्रॉपर्टी सिमरन को मिल जाती। हालांकि गौतम की मां इसके खिलाफ थीं, जिससे उनका प्लान टलता जा रहा था। विजय पालांडे ने कबूलनामे में बताया कि अनुज टिक्कू की हत्या के बाद वो गौतम का कत्ल करने वाले थे, लेकिन खुशकिस्मती से समय रहते उनके प्लान का पर्दाफाश हो गया। इस केस पर क्राइम जर्नलिस्ट नीरज अग्रवाल कहते हैं, सिमरन और विजय के बीच एक बहुत ही गजब और कमाल की केमिस्ट्री और हिस्ट्री थी। जब इन्हें घर किराए पर लेना होता था तो ये खुद को पति‑पत्नी बताते थे। और जब इन्हें खुद को मार्केट में प्लेस करना होता था, तो विजय पालांडे सिमरन को अलग‑अलग नामों से कभी सीमा, कभी किसी और नाम से अपनी बहन के रूप में इंट्रोड्यूस करता था। ये दोनों मिलकर बहुत सारे लोगों को ठग चुके थे और उनकी प्रॉपर्टीज हड़पने की योजनाएं बनाते थे। इसी सिलसिले में इनकी मुलाकात टिक्कू साहब के बेटे अनुज से हुई। इनके नेक्सस को कम से कम दस साल हो चुके थे। इनके टारगेट ज्यादातर फिल्म, एंटरटेनमेंट, मॉडलिंग और फैशन इंडस्ट्री से जुड़े लोग होते थे जो वल्नरेबल होते हैं और आसानी से भरोसा कर लेते हैं। मेरी जानकारी के मुताबिक, अगर यह केस 2012 का है, तो इनका नेक्सस कम से कम दस साल या उससे भी ज्यादा पुराना था। ये लोग एक दशक से ज्यादा समय से इसी तरह की हरकतें कर रहे थे। इनका जो टार्गेटेड एरिया और टार्गेटेड पर्सन होते थे, वो ज्यादातर फिल्म इंडस्ट्री, एंटरटेनमेंट इंडस्ट्री, मॉडलिंग और फैशन से जुड़े लोग होते थे। अगर आपके सामने एक खूबसूरत लड़की बहन, पत्नी या प्रेमिका बनकर बैठी हो, तो कोई भी आसानी से भरोसा कर लेता है। इसी भरोसे का ये लोग फायदा उठाते थे। 14 सालों से जेल में है विजय पालांडे, सजा-ए-मौत की हुई मांग 1998 के डबल मर्डर, प्रोड्यसूर करण कक्कड़ और अरुण टिक्कू की मौत के आरोप में विजय पालांडे आज भी जेल में बंद है। उसके साथी धनंजय शिंदे और मनोज गजकोश भी जेल में हैं, हालांकि सिमरन को 3 साल की सजा के बाद छोड़ दिया गया है। अनुज कहते हैं, मुझे खुशी इस बात की है कि उज्जवल निगम 14 सालों से हमारा केस लड़ रहे हैं। वो डेथ पेनाल्टी की मांग कर रहे हैं। मुझे उम्मीद है कि विजय पालांडे को डेथ पेनल्टी मिलेगी और तभी मुझे लगेगा कि मेरे पिता को इंसाफ मिला है। केस पर क्राइम जर्नलिस्ट नीरज अग्रवाल कहते हैं, यह पूरा मामला एक सुनियोजित साजिश का उदाहरण है, जिसमें सिस्टम की कमजोरियां भी साफ नजर आती हैं। सबसे दुखद पहलू यही है कि इतने सबूत, गवाह और डॉक्यूमेंटेशन होने के बावजूद, सालों बाद भी मिस्टर टिक्कू और अनुज टिक्कू को पूरा न्याय नहीं मिल पाया। यह केस सिर्फ एक मर्डर मिस्ट्री नहीं, बल्कि हमारी व्यवस्था पर भी बड़ा सवाल खड़ा करता है। (नोटः ये खबर एक्टर अनुज टिक्कू और मशहूर क्राइम जर्नलिस्ट नीरज अग्रवाल के इंटरव्यू और रिसर्च के आधार पर लिखी गई है।) लेखक- ईफत कुरैशी रिपोर्टर- वर्षा राय …………………………………………………………….. पार्ट-1, एक्टर अनुज टिक्कू के घर में हुआ पिता का कत्ल:बाथरूम में खून से सनी लाश छोड़कर भागे कातिल, एक्ट्रेस-गैंगस्टर से जुड़े तार 7 अप्रैल 2012 की बात है … मुंबई के लोखंडवाला में एक हाईराइज अपार्टमेंट है, जिसका नाम समर्थ आंगन है। कई मंजिलों वाली इस इमारत में हजारों लोग रहते हैं। उस रात करीब 11 बजकर 30 मिनट पर हरंगद सिंह माइनी नाम के बिल्डिंग में रहने वाले शख्स अपने पिता के लिए दवाई लेने निकले थे। जैसे ही उन्होंने पार्किंग में खड़ी अपनी कार का दरवाजा खोला, तो उनकी नजर पहली मंजिल की खिड़की पर गई। एक हट्टा-कट्टा आदमी एक बुजुर्ग शख्स पर चाकू से हमला कर रहा था। बुजुर्ग खुद को बचाने की कोशिश में खिड़की से मदद मांग रहा था, तभी खिड़की के पर्दे की रॉड टूटकर गिरी। पूरी खबर पढ़िए… ……………………………………………………………….. पार्ट-1, फांसी के फंदे पर लटकी मिलीं तुनिषा शर्मा:एक्स बॉयफ्रेंड शीजान की हुई गिरफ्तारी, आरोप- इस्लाम कबूल करवाना चाहते थे 22 दिसंबर 2022 टीवी शो अलीबाबाःदास्तान ए काबुल चैप्टर-1 के सेट पर सभी शूटिंग शुरू करने की तैयारी कर रहे थे। शो की लीड एक्ट्रेस तुनीषा शर्मा भी तैयार थीं। कुछ देर बाद वो को-एक्टर और एक्स शीजान खान के मेकअप रूम में स्थित वॉशरूम गई। करीब 15 मिनट बीते, लेकिन तुनीषा बाहर नहीं आईं। शूटिंग में देर हो रही थी, तो सेट पर मौजूद लोगों ने मेकअप रूम में खटखटाना शुरू कर दिया। कोई जवाब नहीं मिल रहा था। जब दरवाजा तोड़ा गया तो तुनीषा की लाश फंदे पर लटकी मिली। एक्टर शीजान उन्हें गोद में उठाकर हॉस्पिटल पहुंचे, जहां उन्हें मृत घोषित कर दिया गया। तुनीषा की मौत के बाद उनकी मां ने एक्टर शीजान पर आत्महत्या के लिए उकसाने के आरोप लगाए, जिसके बाद उनकी गिरफ्तारी हुई। आरोप ये भी थे शीजान उन्हें जबरदस्ती इस्लाम कबूल करवाना चाहते थे। पूरी कहानी पढ़िए अगले मंगलवार-बुधवार, बॉलीवुड क्राइम फाइल्स के केस-5 तुनीषा शर्मा डेथ केस में। …………………………………………………………………….. भास्कर की नई सीरीज बॉलीवुड क्राइम फाइल्स की ये कहानियां भी पढ़िए- पार्ट-1, बालिका वधु एक्ट्रेस प्रत्युषा बोलीं- मैं बिकने नहीं आई:आखिरी कॉल में मां-बाप को गालियां दीं, फिर फंदे पर लटकी मिलीं 1 अप्रैल 2016, दोपहर करीब 12 बजे… प्रत्युषा बनर्जी, बॉयफ्रेंड एक्टर-प्रोड्यूसर राहुल राज के साथ मुंबई के गोरेगांव की हार्मनी बिल्डिंग की सातवीं मंजिल पर स्थित फ्लैट नंबर 703 में रहती थीं। दोपहर में राहुल अपने काम से लोखंडवाला गए थे। कुछ देर बाद ही उन्होंने प्रत्युषा को कॉल किया तो वो जोर-जोर से रो रही थीं। थोड़ी कहासुनी होने के बाद प्रत्युषा ने कहा- वोह, राहुल राज, इगो अपने पास रखो, क्योंकि कुछ ही घंटों में, शायद मिनटों में, किसी को इगो दिखाने के लिए नहीं बचेगा। राहुल ने जवाब दिया- देखो, मैं तुमसे बस इतना बोल रहा हूं, खाली सुनो। प्रत्युषा ने बात काटते हुए कहा- मैं तुमसे इतना बोल रही हूं…. मैंने तुमसे बहुत प्यार किया है। पूरी कहानी पढ़िए… पार्ट-2, मौत से पहले प्रत्युषा बनर्जी ने करवाया अबॉर्शन:बॉयफ्रेंड की एक्स ने की थी मारपीट, पोस्टमॉर्टम में शरीर में मिली 100ml शराब प्रत्युषा बनर्जी के दोस्तों ने जिस सलोनी शर्मा पर उनसे मारपीट के आरोप लगाए थे, उन्होंने पुलिस बयान में कबूला कि उन्होंने एक्ट्रेस को थप्पड़ मारा था, लेकिन साथ ही उन्होंने कहा कि वो और राहुल राज एक समय में रिलेशनशिप में थे, लेकिन प्रत्युषा की वजह से राहुल ने उन्हें छोड़ दिया। पूरी कहानी पढ़िए ………………………………………………………………………. पार्ट-1, एक्ट्रेस के घर से लापता हुए कास्टिंग डायरेक्टर नीरज ग्रोवर: एक कॉल से पुलिस ने सुलझाई गुत्थी, कातिलों ने लाश के सामने बनाए शारीरिक संबंध मई 2008 की बात है उस दौर की सबसे मशहूर क्राइम रिपोर्टर जिग्ना वोरा के पास अमरनाथ ग्रोवर का कॉल आया। उन्होंने घबराती हुई आवाज में कहा, ‘जिग्ना जी, मैं अमरनाथ बोल रहा हूं, मेरा बच्चा गुम हो गया है, क्या आप इस पर स्टोरी करेंगी?’ जिग्ना जो बड़े-बड़े केस की रिपोर्टिंग करती थीं, उनके लिए ये कोई बड़ी बात नहीं थी। उन्होंने जवाब दिया- ‘सर, ऐसे कई बच्चे गुम हो जाते हैं, लेकिन हम सब पर स्टोरी थोड़ी कर सकते।’ पूरी खबर पढ़िए… पार्ट-2, लाश के सामने एक्ट्रेस ने बनाए शारीरिक संबंध: मॉल से खरीदी चाकू, लाश के टुकड़े थैलियों में भरकर जंगल में जलाए, जानिए कैसे हुए हत्याकांड का खुलासा मारिया की बिल्डिंग के गार्ड ने पूछताछ में बताया कि मारिया 7 मई 2008 की शाम कुछ भारी बैग्स ले जाती दिखी थीं, उस समय उनके बॉयफ्रेंड जेरोम मैथ्यू भी साथ थे, जबकि पूछताछ में जेरोम ने कहा था कि वो मारिया की बिल्डिंग गए ही नहीं थे। नीरज की गुमशुदगी के करीब 2 हफ्ते बाद सख्ती करने पर मारिया ने कहा कि नीरज की हत्या हो चुकी है। जेरोम ने नीरज का कत्ल किया, फिर उन्होंने लाश के सामने एक्ट्रेस का रेप किया। इसके बाद दोनों ने मिलकर लाश के टुकड़े किए और उन्हें ठिकाने लगाया। पूरी कहानी पढ़िए… ……………………………………………………………. पार्ट-1, फार्महाउस गया एक्ट्रेस का परिवार अचानक हुआ लापता: एक साल बाद खुदाई में सड़ते मिले 6 कंकाल, आतंकी बम ब्लास्ट से हुआ हत्याकांड का खुलासा छुट्टी मनाने पूरा परिवार साथ जा रहा था। हंसी-खेल का माहौल था, सबने फार्महाउस में होने वाले मनोरंजन, गानों और कुछ न कुछ करने का पहले से मन बना रखा था। घर के 7 लोग, लैला, लैला की मां सेलिना, बहनें जारा, आफरीन (अजमीना), कजिन रेशमा और भाई इमरान और सौतेले पिता परवेज टाक 2 गाड़ियों में भरकर फार्महाउस के लिए रवाना हुए। पूरी खबर पढ़िए... पार्ट-2, जमीन खोदकर निकाले गए एक्ट्रेस के परिवार के 6 कंकाल: एक साल पहले कुत्ते के साथ दफनाया, कातिल तसल्ली होने तक सिर कुचलता रहा लैला खान छुट्टी मनाने फार्महाउस गईं और अचानक लापता हो गईं। जांच में सामने आया कि सिर्फ लैला ही नहीं, उनके परिवार के 6 और लोग लापता हैं। एक साल तक लैला की कोई खबर नहीं मिली और फिर कश्मीर में एक बम ब्लास्ट हुआ, उस जगह के पास ही लैला की मां के नाम पर रजिस्टर्ड कार मिली। जांच में एक्ट्रेस लैला खान के सौतेले पिता परवेज टाक की गिरफ्तारी हुई। परवेज जांच टीम को फार्महाउस ले गया, जहां एक-एक कर 6 कंकाल बरामद किए गए। इनमें परिवार के पालतू कुत्ते का भी कंकाल था। 10 जुलाई 2012 को परवेज टाक को सदर्न मुंबई किला कोर्ट में पेश कर क्राइम ब्रांच ने कस्टडी ली। मामला गंभीर था, तो जांच टीम सख्ती करने से नहीं चूकी। हाथ-पैर बांधकर परवेज टाक को तबीयत से पीटा गया, जिसके बाद उसकी निशानदेही पर फार्महाउस से कंकाल निकाले गए। इससे पहले ही उसने फरवरी 2011 की रात की पूरी कहानी सुना दी थी। पूरी खबर पढ़िए...
बॉलीवुड अभिनेता रणवीर सिंह को जान से मारने की धमकी मिली है। यह धमकी व्हाट्सऐप पर भेजे गए एक वॉइस नोट के जरिए दी गई, जिसमें आरोपी ने करोड़ों रुपए की फिरौती की मांग की है। यह घटना फिल्ममेकर रोहित शेट्टी के घर पर हुई फायरिंग की घटना के बाद सामने आई है, जिससे मुंबई पुलिस की चिंता बढ़ गई है। सूत्रों के मुताबिक, धमकी मिलने के तुरंत बाद मुंबई पुलिस ने रणवीर सिंह के बांद्रा स्थित आवास के बाहर सुरक्षा कड़ी कर दी है। अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है और आने-जाने वालों पर कड़ी नजर रखी जा रही है। वॉइस नोट से फैली सनसनी पुलिस अधिकारियों ने बताया कि धमकी भरे वॉइस नोट में आरोपी ने खुद को गंभीर अपराध से जुड़ा बताया है और बड़ी रकम नहीं देने पर अंजाम भुगतने की चेतावनी दी है। पुलिस ने वॉइस नोट को फॉरेंसिक जांच के लिए भेज दिया है। आरोपी की तलाश में जुटी पुलिस मुंबई पुलिस की साइबर सेल और क्राइम ब्रांच मिलकर व्हाट्सऐप नंबर और वॉइस सैंपल के जरिए आरोपी की लोकेशन ट्रेस करने में जुटी है। शुरुआती जांच में आशंका जताई जा रही है कि धमकी देने वाला व्यक्ति किसी आपराधिक गिरोह से जुड़ा हो सकता है। रोहित शेट्टी फायरिंग केस से कनेक्शन की जांच पुलिस इस बात की भी जांच कर रही है कि क्या रणवीर सिंह को मिली धमकी का कोई सीधा संबंध रोहित शेट्टी के घर पर हुई फायरिंग की घटना से है या यह डर फैलाने की साजिश है। फिलहाल रणवीर सिंह और उनके परिवार को सुरक्षित बताया जा रहा है। पुलिस का कहना है कि जल्द ही आरोपी को पकड़ लिया जाएगा। यह खबर अपडेट हो रही है..
जन शक्ति जनता दल के राष्ट्रीय अध्यक्ष तेज प्रताप यादव ने अभिनेता और कॉमेडियन राजपाल यादव के परिवार को आर्थिक मदद देते हुए ₹11 लाख की सहायता राशि प्रदान की है। यह मदद ऐसे समय में सामने आई है, जब हाल ही में राजपाल यादव को चेक बाउंस मामले में तिहाड़ जेल में सरेंडर करना पड़ा। तेज प्रताप यादव ने सोशल मीडिया पर पोस्ट साझा कर लिखा है- मुझे अभी मेरे बड़े भाई राव इंदरजीत यादव जी की पोस्ट के माध्यम से माननीय राजपाल यादव जी के परिवार की पीड़ा के विषय में जानकारी प्राप्त हुई। इस अत्यंत कठिन समय में मैं और मेरा पूरा JJD (जन शक्ति जनता दल) परिवार, उनके शोकाकुल परिवार के साथ पूरी संवेदना और मजबूती से खड़ा है।मानवीय करुणा एवं सहयोग की भावना से, मैं JJD परिवार की ओर से ₹11,00,000 (ग्यारह लाख रुपए) की आर्थिक सहायता उनके परिवार को प्रदान कर रहा हूं। दरअसल, राजपाल यादव के खिलाफ एक पुराने चेक बाउंस केस में अदालत ने सजा सुनाई थी। मामले में राहत पाने और फंड अरेंज करने के लिए राजपाल की ओर से हाई कोर्ट में याचिका दायर की गई थी, लेकिन कोर्ट ने याचिका खारिज कर दी। इसके बाद तय प्रक्रिया के तहत राजपाल यादव को तिहाड़ जेल में सरेंडर करना पड़ा। इस घटनाक्रम के बाद फिल्म इंडस्ट्री और उनके प्रशंसकों में चिंता का माहौल देखने को मिला। इसी बीच जन शक्ति जनता दल के राष्ट्रीय अध्यक्ष तेज प्रताप यादव ने मानवीय आधार पर राजपाल यादव के परिवार की मदद का फैसला किया। तेज प्रताप यादव ने ₹11 लाख की आर्थिक सहायता देकर यह संदेश दिया कि मुश्किल समय में किसी कलाकार और उसके परिवार को अकेला नहीं छोड़ा जाना चाहिए। पार्टी सूत्रों के मुताबिक, यह मदद पूरी तरह मानवीय संवेदना के तहत की गई है और इसका किसी राजनीतिक लाभ से कोई संबंध नहीं है। तेज प्रताप यादव ने कहा कि राजपाल यादव ने अपने अभिनय और कॉमेडी के जरिए देशभर के लोगों के चेहरे पर मुस्कान बिखेरी है। ऐसे कलाकार जब निजी और कानूनी परेशानियों से गुजरते हैं, तो समाज और जिम्मेदार लोगों को आगे आकर सहयोग करना चाहिए। उन्होंने उम्मीद जताई कि राजपाल यादव और उनका परिवार इस कठिन दौर से जल्द बाहर निकलेंगे। राजपाल यादव के परिवार ने भी इस सहायता के लिए तेज प्रताप यादव का आभार जताया है। परिवार की ओर से कहा गया कि यह सहयोग उनके लिए सिर्फ आर्थिक नहीं, बल्कि मानसिक संबल भी है। वहीं, फिल्म जगत से जुड़े कई लोगों ने भी इस पहल की सराहना की है।
9 करोड़ रुपए के कर्ज और चेक बाउंस मामले में तिहाड़ जेल में सरेंडर करने से ठीक पहले राजपाल यादव ने बताया कि वह आर्थिक संकट का सामना कर रहे थे और मदद के लिए किसी के पास नहीं जा सके। इसी बीच एक्टर सोनू सूद ने उनकी मदद करने का निर्णय लिया। उन्होंने राजपाल को एक फिल्म का ऑफर दिया और साथ ही छोटा सा साइनिंग अमाउंट भी देने की बात कही। सोनू सूद ने X और इंस्टाग्राम स्टोरीज पर पोस्ट शेयर करते हुए लिखा, राजपाल यादव एक बहुत ही प्रतिभाशाली अभिनेता हैं जिन्होंने हमारी फिल्म इंडस्ट्री को कई यादगार और अविस्मरणीय काम दिए हैं। कभी-कभी जिंदगी अन्यायपूर्ण हो जाती है, लेकिन इसका मतलब यह नहीं कि किसी में टैलेंट की कमी है, बल्कि समय कभी-कभी बहुत कठोर हो सकता है। वह मेरी फिल्म का हिस्सा होंगे और मेरा मानना है कि यह वह समय है जब हम सभी प्रोड्यूसर, डायरेक्टर और सहयोगी एक साथ खड़े हों। जो छोटा सा साइनिंग अमाउंट दिया जाएगा, जिसे भविष्य के काम के हिसाब से समायोजित किया जा सकता है, वह कोई दान नहीं है, बल्कि यह उनका सम्मान और गरिमा है। उन्होंने आगे कहा, जब हमारे अपने में से कोई मुश्किल समय से गुजर रहा हो, तो इंडस्ट्री को उसे यह याद दिलाना चाहिए कि वह अकेला नहीं है। इसी तरह हम दिखा सकते हैं कि हम सिर्फ एक इंडस्ट्री नहीं, बल्कि एक परिवार हैं। सिर्फ सोनू सूद ही नहीं जेम्स टून म्यूजिक के ओनर राव इंद्रजीत सिंह यादव ने भी राजपाल यादव की मदद के लिए 1.11 करोड़ की आर्थिक सहायता दी है। उन्होंने न सिर्फ एक कलाकार, बल्कि एक इंसान के तौर पर राजपाल यादव का साथ दिया। साथ ही, उन्होंने देशवासियों से भी अपील की कि वे आगे आकर राजपाल यादव और उनके परिवार का सहयोग करें। दरअसल, बॉलीवुड हंगामा की रिपोर्ट के अनुसार, सरेंडर करने से पहले जब राजपाल यादव से उनके कानूनी मामले के बारे में पूछा गया, तो उन्होंने कहा, सर, क्या करूं? मेरे पास पैसे नहीं हैं। और कोई उपाय नजर नहीं आता। जब उनसे यह भी पूछा गया कि उन्होंने अपने दोस्तों जैसे प्रियदर्शन से मदद क्यों नहीं मांगी, तो राजपाल ने कहा, सर, यहां हम सब अकेले हैं। कोई दोस्त नहीं है। मुझे इस संकट का सामना खुद ही करना होगा। पूरा मामला क्या है?दरअसल, यह चेक बाउंस मामला साल 2010 का है। राजपाल यादव ने अपनी पहली निर्देशित फिल्म अता पता लापता बनाने के लिए प्राइवेट कंपनी मुरली प्रोजेक्ट्स प्राइवेट लिमिटेड से करीब 5 करोड़ रुपए का कर्ज लिया था। फिल्म बॉक्स ऑफिस पर सफल नहीं रही और कर्ज चुकाने में देरी हुई। शिकायत के मुताबिक, राजपाल ने कर्ज लौटाने के लिए कंपनी को कुछ चेक दिए थे, जो बैंक में बाउंस हो गए। समझौते के बावजूद पूरी पेमेंट नहीं हुई और समय के साथ ब्याज जुड़ता गया, जिससे कुल कर्ज काफी बढ़ गया। साल 2018 में दिल्ली की कड़कड़डूमा कोर्ट ने राजपाल यादव को दोषी ठहराया और उन्हें छह महीने की जेल की सजा सुनाई। इसके बाद उन्होंने उच्च अदालत में अपील की, जहां उन्हें कई बार राहत मिली, क्योंकि उन्होंने भुगतान और समझौते का भरोसा दिया था।
अरुणा ईरानी भारतीय सिनेमा की सबसे चर्चित एक्ट्रेसेस में से एक हैं। अपने करियर में 500 से ज्यादा फिल्मों में काम कर चुकी हैं। अरुणा प्रोफेशनल लाइफ के अलावा अपनी पर्सनल लाइफ को लेकर भी काफी चर्चा में रहती हैं। हाल ही में उन्होंने महमूद के साथ अपने रिश्ते पर खुलकर बात की। हाल ही में जूम को दिए एक इंटरव्यू में अरुणा ईरानी ने फिल्मों में काम करने का मौका देने के लिए महमूद को श्रेय दिया। उन्होंने कहा कि उनका रिश्ता एक तरह के एहसान और मजबूरी के भाव से बना था। उन्होंने कहा, महमूद जी ने मुझे सबसे पहले काम दिया। हमारा रिश्ता एक तरह के एहसान और मजबूरी के भाव से बना, और यही वजह थी कि यह हुआ। बाद में महमूद जी अपने अन्य प्रोजेक्ट्स में चले गए और मैं अलग शोज में बिजी हो गई। तभी मुझे ऐसा लगने लगा कि वह मेरा खुले तौर पर फायदा उठा रहे थे। मैंने जो किया, वह मजबूरी और जरूरत की वजह से किया, इसलिए मैं उन्हें अकेले दोषी नहीं ठहराना चाहती। मैं भी इसका समर्थन करती रही। बाद में फिर यह रिश्ता खत्म हो गया। इसी इंटरव्यू में अरुणा ईरानी ने महमूद से अपने विवाह को लेकर लंबे समय से चली आ रही अफवाहों पर भी प्रतिक्रिया दी। अरुणा ने कहा, उन्होंने कहा था कि वह मुझसे शादी करेंगे, लेकिन ऐसा नहीं हुआ। पीछे मुड़कर देखा तो यह मेरे लिए अच्छा ही था। वह पहले ही दो बार शादी कर चुके थे और तीसरी बार भी कर सकते थे, लेकिन मुझे लगता है कि मेरी किस्मत अच्छी थी। जो हुआ वह गलत था। वह लोगों को बताते थे कि उन्होंने मुझसे शादी की है। इसी वजह से फिल्म निर्माताओं ने मुझे काम देना बंद कर दिया। उन्हें डर था कि अगर मैं गर्भवती हो गई, तो उनकी फिल्म अटक सकती है। यह मेरे लिए बड़ा झटका था। जब यह कहानी खत्म हुई और मैंने स्वतंत्र रूप से काम करना शुरू किया, तब लोगों को समझ में आया कि हमारे बीच कुछ भी नहीं था। महमूद संग अफेयर की चर्चा, करियर पर असर पड़ा बॉम्बे टु गोवा और कारवां दोनों ही फिल्में हिट साबित हुईं। आमतौर पर ऐसी सफलता के बाद हर एक्ट्रेस का करियर ऊंचाइयों पर पहुंचता है, लेकिन अरुणा के साथ इसका उल्टा हुआ और उन्हें काम मिलना बंद हो गया। इसकी वजह महमूद के साथ उनके अफेयर की चर्चाएं थीं, जिसने उनके करियर पर बुरा असर डाला। दरअसल, बॉम्बे टू गोवा के दौरान अरुणा और महमूद के अफेयर की खबरें फैलने लगीं। यहां तक कहा गया कि दोनों ने चोरी-छिपे शादी कर ली है, जिसका असर अरुणा के फिल्मी करियर पर पड़ा और कई सालों तक उन्हें कोई काम नहीं मिला।
पॉप-कल्चर पहले ट्रेंड फॉलो करता था, लेकिन 2026 की दुनिया में ट्रेंड वही बनता है जिसे टेलर स्विफ्ट और बियॉन्से छू देती हैं। वे सिर्फ गानों के जमाने नहीं बदल रहीं, वे तय कर रही हैं कि समाज किन मुद्दों पर बात करेगा। राजनीति, पहचान और नस्ल जैसे मुद्दों पर आज बहस किस दिशा में जाएगी, यह इन कलाकारों की आवाज से तय होता है। उनके एक फैसले से शहरों की अर्थव्यवस्था बदल जाती है। डिजिटल समुदाय सक्रिय होते हैं और इंडस्ट्री अपने नियम फिर से लिखने को मजबूर हो जाती है। यही वजह है कि इस समय पॉप-कल्चर को समझना मतलब इन दो कलाकारों के प्रभाव को समझना है। बियॉन्से: जहां पहुंचीं वहां संस्कृति बदली 2016 के एल्बम ‘लिमनेड’ से साबित कर दिया कि पॉप सिर्फ धुन नहीं, इतिहास और पहचान भी हो सकता है। नस्ल, स्त्री-शक्ति और परिवार की राजनीति जैसे भारी विषयों को उन्होंने ऐसे पिरोया कि पूरा अमेरिका सुनने को मजबूर हुआ। चैंपियनशिप मैच सुपर बोल 2016 में बियॉन्से के ‘ब्लैक पैंथर’-स्टाइल प्रदर्शन ने उन्हें कलाकार से आगे, एक सांस्कृतिक आइकन बना दिया। इनकी ‘बेहाइव’ ऑनलाइन कम्युनिटी उनकी बात को तेजी से फैलाती है। शरीर-छवि, मातृत्व और सत्ता जैसे मुद्दों पर बियॉन्से की आवाज लाखों लोगों को रास्ता दिखाती है। इनके रेनेसां टूर (2023) ने लगभग 4.5 अरब डॉलर की कमाई का माहौल बनाया। जहां शो हुए, वहां होटल भरे, रेस्तरां की बिक्री बढ़ी। लोकल बिजनेस के रिकॉर्ड टूटे। उनकी सरप्राइज एल्बम रिलीज शैली ने पूरा तरीका बदल दिया। अब वे खुद तय करती हैं कि दुनिया क्या सुनेगी और कब सुनेगी। टेलर स्विफ्ट: अपने नियम बनाए, इंडस्ट्री ने माने शुरुआत पॉप संगीत की सरल कहानियों से की। 2018 के बाद वे सिर्फ कलाकार नहीं रहीं, सामाजिक संकेत बन गईं। टेलर की एक वोटिंग अपील पर 1.66 लाख नए नाम जुड़ गए। ये आंकड़ा बताता है कि उनकी बात सिर्फ सुनी नहीं जाती, मानी जाती है। 2020-24 में उन्होंने महिला अधिकार, एलजीबीटीक्यू सुरक्षा और कलाकारों की ओनरशिप पर खुलकर आवाज उठाई और ‘सेलेब्रिटी न्यूट्रेलिटी’ का पुराना दौर लगभग खत्म कर दिया। इनके एरस टूर (2023-24) ने दुनिया भर में 5.7 अरब डॉलर की हलचल पैदा की। शहरों में होटल महंगे, फ्लाइटों में भीड़ और टिकटिंग सिस्टम को फॉर्मूला बदलने पर मजबूर होना पड़ा। उनकी री-रिकार्डिंग ने रिकॉर्ड लेबल्स को कलाकार-अधिकारों पर नए नियम लिखने पर विवश किया। टेलर की कहानी बताती है, आज पॉप संगीत डिजिटल दौर की शक्ति है।
फिल्म निर्देशक रोहित शेट्टी के मुंबई स्थित घर के बाहर 31 जनवरी को पांच राउंड फायरिंग की घटना सामने आई थी, जिसके बाद से मुंबई क्राइम ब्रांच इस मामले की जांच में जुटी हुई है। जांच के दौरान यह खुलासा हुआ है कि इस फायरिंग में रोहित शेट्टी ही हमलावरों का मुख्य टारगेट थे। इस मामले में पुलिस ने 5 फरवरी को आरोपी आसाराम फसाले को गिरफ्तार किया था। पुलिस जांच के मुताबिक, आसाराम फसाले पिछले चार वर्षों से गैरेज मैकेनिक के तौर पर काम कर रहा था और लॉरेंस गैंग से जुड़ा हुआ था। वह गैंग के मास्टरमाइंड शुभम लोंकर के निर्देश पर हथियारों की सप्लाई करता था। इस केस में पहले से गिरफ्तार चार आरोपियों में से आसाराम फसाले की सीधी पहचान स्वप्निल सकट से थी, जो शुभम लोंकर के जरिए कराई गई थी। बताया जा रहा है कि लोंकर के निर्देश पर फसाले ने ही सकट को हथियार मुहैया कराए थे, जिन्हें बाद में एक अज्ञात शूटर तक पहुंचाया गया। इन्हीं हथियारों का इस्तेमाल फायरिंग की घटना में किया गया। क्राइम ब्रांच को यह भी जानकारी मिली है कि आसाराम के गैंग से जुड़े होने की भनक उसके कुछ करीबी लोगों को थी। हालांकि, वे लोग कौन हैं और क्या उनका भी लॉरेंस गैंग से कोई सीधा कनेक्शन है, इस एंगल से पुलिस अब जांच कर रही है। इसके अलावा पुलिस यह भी जांच कर रही है कि इस वारदात के लिए आसाराम ने हथियार कहां से हासिल किए थे और इसके बदले उसे कितनी रकम मिली थी। इस एंगल से भी पुलिस टीम लगातार जांच में जुटी हुई है। जानिए क्या है पूरा मामला? 31 जनवरी की रात करीब 12:45 बजे मुंबई के जुहू इलाके में स्थित फिल्म निर्देशक रोहित शेट्टी के घर के बाहर फायरिंग की घटना हुई थी। पुलिस के मुताबिक, इस दौरान कम से कम पांच राउंड फायरिंग की गई, जिनमें से एक गोली इमारत में बने जिम के शीशे से जा टकराई थी। वहीं, इंडिया टुडे ने अपनी रिपोर्ट में स्क्रीनशॉट शेयर कर दावा किया गया था कि इस हमले की जिम्मेदारी लॉरेंस गैंग ने ली है। यह स्क्रीनशॉट शुभम लोंकर आरजू बिश्नोई नाम के अकाउंट की फेसबुक पोस्ट का है। पोस्ट में लिखा- अगली बार छाती पर गोली लगेगी इस पोस्ट में लिखा गया था, सभी भाइयों को आज जो ये मुंबई में (शेट्टी टावर) फिल्म डायरेक्टर रोहित शेट्टी के घर पर फायरिंग हुई है, उसकी जिम्मेदारी शुभम लोनकर, आरजू बिश्नोई, हरि बॉक्सर, हरमन संधू हम लेते हैं। हमने इसको बहुत बार मैसेज लगाया कि हमारे काम में दखल ना दे, लेकिन इसको समझ में नहीं आया। इसको ये छोटा सा ट्रेलर दिया है। अगर इसने आगे फिर हमारी बात नहीं समझी और हमारी बात नहीं मानी, तो अब घर के बाहर नहीं, अंदर इसके बेडरूम में गोली चलेगी, इसकी छाती पर। इसी पोस्ट में आगे लिखा था, और आगे बॉलीवुड को चेतावनी है कि टाइम रहते सुधर जाओ, नहीं तो बहुत बुरा हाल होगा। तुम्हारा बाबा सिद्दीकी से भी बुरा हाल करेंगे। हमने जिन-जिन लोगों को फोन कर रखा है, या तो टाइम रहते लाइन पर आ जाओ, वरना छिपने के लिए जगह कम पड़ जाएगी। और जितने भी हमारे दुश्मन हैं, तैयार रहो, जल्दी ही मुलाकात होगी तुमसे। नोट- एक ही था, एक ही है और एक ही रहेगा लॉरेंस बिश्नोई गैंग। कौन है शुभम लोंकर और आरजू बिश्नोई? शुभम लोंकर लॉरेंस गैंग का एक प्रमुख की ऑपरेटिव माना जाता है। शुभम एनसीपी नेता बाबा सिद्दीकी की हत्या (अक्टूबर 2024) का मुख्य संदिग्ध और साजिशकर्ता है। उसने फेसबुक पर उस हत्या की जिम्मेदारी भी ली थी। वहीं, आरजू बिश्नोई को गैंग का एक सक्रिय सदस्य बताया जा रहा है, जो सोशल मीडिया और धमकियों के जरिए गैंग की गतिविधियों को संचालित करने में मदद करता है। पहले चार आरोपी हुए थे गिरफ्तार इस मामले में मुंबई पुलिस ने पहले चार आरोपियों को गिरफ्तार किया था। उनकी पहचान आदित्य ज्ञानेश्वर गायकवाड़ (19), सिद्धार्थ दीपक येनपुरे (20), समर्थ शिवशरण पोमाजी (18) और स्वप्निल बंडू सकट (23) के रूप में हुई थी। सभी आरोपियों के खिलाफ धारा 109 और 61(2) के साथ शस्त्र अधिनियम की धारा 3 और 25 और भारतीय न्याय संहिता की धारा 37(1), 37(2) और 135 के तहत मामला दर्ज कर उन्हें 5 फरवरी तक पुलिस हिरासत में भेजा गया था। शुरुआती जांच में सामने आया था कि आरोपियों की भूमिका घटना के लिए वाहन उपलब्ध कराने और साजिश रचने से जुड़ी हुई है। वहीं, पांचवें आरोपी शुभम लोंकर को वांटेड घोषित किया गया है, जिसकी तलाश जारी है।
बॉलीवुड क्राइम फाइल्स के केस 3 में जानिए अरुण टिक्कू हत्याकांड की कहानी। अरुण टिक्कू जाने-माने एक्टर अनुज टिक्कू के पिता थे। हत्या का पहला शक अनुज पर ही था, लेकिन जब जांच शुरू हुई तो आम सा लगने वाला ये केस एक बड़ी सीरियल किलिंग में तब्दील हुआ, जिसके तार गैंगस्टर, एक्ट्रेस और बड़ी साजिशों से जुड़े थे। फिर एक्ट्रेस के बैंक लॉकर में एक्टर अनुज टिक्कू का सुसाइड नोट मिलने से पूरे हत्याकांड का खुलासा हो गया।7 अप्रैल 2012 की बात है … मुंबई के लोखंडवाला में एक हाईराइज अपार्टमेंट है, जिसका नाम समर्थ आंगन है। कई मंजिलों वाली इस इमारत में हजारों लोग रहते हैं। उस रात करीब 11 बजकर 30 मिनट पर हरंगद सिंह माइनी नाम के बिल्डिंग में रहने वाले शख्स अपने पिता के लिए दवाई लेने निकले थे। जैसे ही उन्होंने पार्किंग में खड़ी अपनी कार का दरवाजा खोला, तो उनकी नजर पहली मंजिल की खिड़की पर गई। एक हट्टा-कट्टा आदमी एक बुजुर्ग शख्स पर चाकू से हमला कर रहा था। बुजुर्ग खुद को बचाने की कोशिश में खिड़की से मदद मांग रहा था, तभी खिड़की के पर्दे की रॉड टूटकर गिरी। मंजर देखते ही वो शख्स भागते हुए गार्ड्स के पास पहुंचा और पूरी कहानी बताई। तीन गार्ड्स उस शख्स के साथ पहली मंजिल के फ्लैट में पहुंचे। बेल बजाई तो एक आदमी बिना शर्ट के बाहर आया। उससे पूछा गया- अंदर क्या हो रहा है? उसने रूखी आवाज में कहा- झगड़ा हो गया था, लेकिन अब सब ठीक है। हरंगद ने गौर किया कि उस आदमी की छाती और पेट में खून के निशान थे। उन्होंने फिर पूछा- वो बुजुर्ग शख्स कहां है? उसने जवाब दिया, वो दूसरे कमरे में सो रहे हैं। गार्ड ने फिर पूछा, तुम कौन हो? इस बार जवाब मिला- हम पेइंग गेस्ट हैं। ये फ्लैट अनुज टिक्कू (एक्टर) का है, हमने 30 हजार में किराए पर लिया है। हरंगद को अजीब लगा तो वो दरवाजा खोलकर अंदर दाखिल हुए, तभी उन्हें एक और शख्स दिखा। उसके पैरों में काफी खून था और जमीन में भी खून के कई धब्बे थे। वो तफ्तीश करने के लिए जैसे ही बाथरूम की ओर बढ़े, दोनों शख्स ने उन्हें धक्के मारकर फ्लैट से बाहर कर दिया। बाहर निकलते ही उन चारों ने दरवाजा बाहर से बंद कर दिया और डायल 100 पर कॉल कर पुलिस बुलाई। जब तक पुलिस पहुंची, सभी वहीं पहरेदारी करते रहे। पुलिस को आने में करीब आधे घंटे लगे। पुलिस दरवाजा खोलकर अंदर पहुंची, तो पूरा फ्लैट बेतरतीब था। खून के धब्बे हर तरफ थे। फ्रिज गिरा पड़ा था, सोफा उल्टा था, सामान बिखरा हुआ था। वो दोनों शख्स भाग चुके थे। जैसे ही पुलिस बाथरूम पहुंची तो मंजर भयावह था। वहां उसी बुजुर्ग शख्स की खून से सनी लाश थी, जिसे राहगीर ने पार्किंग से देखा था। शरीर पर चाकू के कई वार थे और गले में कंप्यूटर वायर लिपटा हुआ था। बाथरूम की खिड़की टूटी हुई थी, जिससे साफ था कि दोनों उसी जगह से भाग निकले। बिल्डिंग के लोगों से पूछताछ की गई, तो हर किसी ने यही कहा कि वो उस बुजुर्ग शख्स को नहीं जानते। पहले कभी उन्हें यहां नहीं देखा गया। और पूछताछ की गई तो सामने आया कि फ्लैट एक्टर अनुज टिक्कू का है। अनुज टिक्कू बॉलीवुड के जाने-माने एक्टर थे। वो शाहरुख खान की फिल्म रब ने बना दी जोड़ी, रानी मुखर्जी की नो वन किल्ड जेसिका जैसी फिल्मों में नजर आ चुके थे। इसके अलावा वो करीब 70 एड फिल्म्स का हिस्सा रहे थे। कमरे की छानबीन में बुजुर्ग शख्स का मोबाइल मिला। आखिरी कॉल उस नंबर से बेटे अनुज टिक्कू को ही किया गया था। पुलिस ने उस नंबर पर कई कॉल किए, लेकिन नंबर बंद था। कुछ और रिश्तेदारों को उन्हीं के नंबर से कॉल कर उनकी मौत की खबर दी गई। दरअसल, उस रोज अरुण टिक्कू का उस फ्लैट में होना एक संयोग मात्र था। वो अचानक ही बेटे से मिलने आ गए थे। वो उस रोज बेटे से मिले भी, लेकिन फिर ये उनकी आखिरी मुलाकात साबित हुई। अरुण टिक्कू की हत्या की साजिश रची गई थी, लेकिन उनकी हत्या का इस तरह होना प्लान की गड़बड़ी थी। हत्यारों का प्लान कुछ और इससे कहीं ज्यादा बड़ा था। चिपलून से हुई अनुज टिक्कू की गिरफ्तारी…शव पोस्टमॉर्टम के लिए भेजा गया, कई घंटे बीत गए, लेकिन अनुज की अब भी कोई खबर नहीं थी। एक तरफ पिता की हत्या और दूसरी तरफ बेटे का अचानक गायब हो जाना, पुलिस के लिए बेहद अटपटा था। इस केस में पुलिस का पहला शक अनुज टिक्कू पर ही था। अनुज टिक्कू की कहीं कोई खबर नहीं मिल रही थी, जिसके बाद पुलिस ने CDR (कॉल डीटेल रिकॉर्ड) से उनकी लोकेशन का पता ढूंढ निकाला। अनुज टिक्कू की लोकेशन, हत्या वाले रोज पहले मुंबई और फिर गोवा के पास चिपलून में थी। हत्या के 3 दिन बाद 10 अप्रैल को अनुज टिक्कू की चिपलून से गिरफ्तारी हुई। उनके साथ मौजूद शख्स करण सूद को भी गिरफ्तार किया गया। दोनों की फिंगरप्रिंट्स ली गईं। गिरफ्तारी के बाद अनुज को पुलिस द्वारा बताया गया कि उनके पिता की हत्या कर दी गई है। उस दिन को याद करते हुए अनुज टिक्कू कहते हैं, ‘मैं बेहोश हो गया। मेरा चेहरा एकदम सफेद हो चुका था। मेरे सामने अंधेरा छा गया था, जिसे मैंने अपनी जिंदगी में कभी एक्सपीरियंस नहीं किया। मेरा शरीर एक तरफ से नंब हो गया था। इतना डर था, कंपकपी आ रही थी।’ हत्या के मामले में अनुज को कस्टडी में लेकर पूछताछ शुरू कर दी गई। पुलिस ने पहला सवाल किया, जिस वक्त आपके पिता का खून हुआ, आप कहां थे? अनुज ने जवाब दिया- ‘मैं गोवा में था। मेरा दोस्त करण सूद मुझे अपने साथ कसीनो दिखाने गोवा ले गया। हम चिपलून में रुके थे।’ जब पुलिस ने पूछा कि आखिर 7 अप्रैल की रोज क्या हुआ। जवाब मिला- ‘मेरे पिता 7 अप्रैल को ही मुंबई आए थे। हम अपना फ्लैट किराए पर दे रहे थे, वो बस रेंटल एग्रीमेंट देखने आए थे। अगली सुबह उन्हें फिर दिल्ली लौटना था।’ अनुज दैनिक भास्कर से बातचीत में 7 अप्रैल का वो डरावना दिन याद कर कहते हैं, ‘सुबह मेरी क्रिएटिव राइटिंग चलती थी। मेरी एक कंपनी थी, जिसमें हम टीवी शोज लिखते थे। तभी मेरे दोस्त तिवारी जी आए। हम लंच पर गए, डोसा खाया। करीब 7 बजे मेरे पास करण का कॉल आया। मैं उसे होटेलियर करण सूद के रूप में जानता था। उसने कहा गोवा चलते हैं, तुझे कसीनो दिखाऊंगा। वो मुझे मर्सिडीज में घुमाता था।’ ‘उसी दिन मेरे पिता आए रेंटल एग्रीमेंट चेक करने। अगली सुबह उनकी वापसी थी। मैंने पिताजी के साथ खाना खाया और फिर मैं 8-9 बजे करण सूद के साथ गोवा निकल गया। मेरे निकलने से 5-10 मिनट पहले ही मनोज और धनंजय आए थे। मैंने पापा से कहा कि ये लोग पेंट-वेंट करना चाहते हैं। फिर मैं निकल गया।’ जिस रेंटल एग्रीमेंट का अनुज ने जिक्र किया, वो उनके और एक विदेशी महिला के बीच बना था। दरअसल, अनुज के समर्थ आंगन अपार्टमेंट में 3 फ्लैट थे। एक में वो खुद रहते थे और बाकी फ्लैट वो बॉलीवुड के स्ट्रगलिंग एक्टर्स को किराए पर देते थे। कुछ दिनों से दो फ्लैट खाली पड़े थे। ऐसे में उनके दोस्त करण सूद ने उन्हें एक विदेशी महिला से मिलवाया, जो वो फ्लैट किराए पर लेना चाहती थीं। करण ने खुद रेंटल एग्रीमेंट बनवाया था। इसके अलावा अपने दो नौकरों धनंजय शिंदे और मनोज गजकोश को भेजकर फ्लैट का रेनोवेशन करवा रहा था। अनुज का बयान सुनते ही, पुलिस को पहला शक उनके दोस्त करण सूद पर हुआ, जिसके दो नौकरों को आखिरी बार उस फ्लैट में अरुण टिक्कू के साथ देखा गया था। मुंबई पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी हिमांशू रॉय इस केस की जांच कर रहे थे। जैसे ही उन्होंने करण सूद से पूछताछ की वो दंग रह गए। दरअसल, जिस करण सूद को अनुज टिक्कू अपना करीबी दोस्त बता रहे थे, वो कोई रईस होटेलियर नहीं बल्कि मोस्ट वॉन्टेड अपराधी विजय पलांडे था, जिसका नाम पहले भी कई हत्याओं में सामने आ चुका था। जिस समय विजय को कोर्ट में पेश किया गया, वो कस्टडी से भाग निकला। हालांकि कुछ देर बाद उसे चर्चगेट से दोबारा गिरफ्तार कर लिया गया। जब पुलिस ने अनुज से पूछा कि आखिर वो विजय पलांडे उर्फ करण सूद को कैसे जानते हैं, तो अनुज ने सिमरन सूद का नाम लिया। सिमरन सूद एक एक्ट्रेस थीं, कई फिल्मों में नजर आ चुकी थीं और मुंबई में मॉडलिंग करती थीं। अनुज ने पुलिस को बताया कि करण सूद, एक्ट्रेस सिमरन सूद के भाई हैं, जिनके विदेश में कई होटल्स हैं। ये सब झूठ था। न ही सिमरन सूद का असली नाम सिमरन था, न ही करण सूद ने असल पहचान बताई थी। सिमरन का असली नाम था सीमा दुसांझ और करण सूद थे विजय पलांडे। दोनों भाई-बहन भी नहीं थे। 1997 में उनकी शादी हुई थी। एक्ट्रेस सिमरन सूद की एंट्री से केस और उलझ गया। हालांकि अनुज के बयान से पुलिस समझ चुकी थी कि उनका इस हत्या से कोई-लेना देना नहीं है। पूछताछ के बाद पुलिस अधिकारी हिमांशू रॉय ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर अनुज टिक्कू को केस में क्लीनचिट दे दी और उन्हें सरकारी गवाह बनाया गया। सिमरन और करण (विजय पलांडे) अनुज टिक्कू के खास दोस्त थे। साल 2010 में ही अनुज की दोस्ती एक्ट्रेस सिमरन सूद से हुई और जल्द ही दोनों अक्सर एक-दूसरे के घर आने-जाने लगे। अब सवाल ये था कि आखिर जाने-माने एक्टर अनुज टिक्कू की कुख्यात अपराधी से दोस्ती कैसे और क्यों हुई और इन सब में एक्ट्रेस सिमरन सूद का क्या लेना-देना था। वो सिमरन ही थीं, जिन्होंने सोची समझी साजिश के तहत अनुज से नजदीकियां बढ़ाई थीं। सिमरन से 2010 में हुई पहली मुलाकात को याद करते हुए अनुज टिक्कू कहते हैं, '2010 में, मर्डर से तकरीबन दो साल पहले सिमरन से मेरी मुलाकात हुई थी। मैं एक स्टूडियो में डबिंग के लिए गया था। वहां म्यूजिक डायरेक्टर जान निसार मेरे दोस्त थे। वहां सिमरन भी एक एल्बम कट करवाने आई थीं। मेरे डायरेक्टर दोस्त ने ही मेरा परिचय सिमरन से करवाया। हमारी दोस्ती हुई। बॉलीवुड में आप बहुत लोगों से मिलते हैं। हर रोज चार-पांच लोगों से मिलते हैं डायरेक्टर्स, प्रोड्यूसर्स। वो एक दिन घर आईं तो वहां मेरी फ्रेंडली मुलाकात हुई। हम दोनों ने आपस में बुक्स एक्सचेंज कीं। वो मेरी बुक्स ले जाती थी, मेरी सीडी, वीडियोज ले जाती थी। एक-दो बार ऐसे ही उसका घर आना-जाना हआ। मैं भी उसके घर जाता था।' अनुज आगे बताते हैं, ‘सिमरन ने कहा था कि वो एक मॉडल हैं और दो-तीन फिल्में कर चुकी हैं और यहीं लोखंडवाला में पास में रहती हैं और ज्यादा कुछ नहीं। मुझे याद है कि मेरे पिताजी के मर्डर के दो महीने पहले से वो मुझसे ज्यादा मिलने लगी थी क्योंकि मुझे लगता है कि मैं उसका एक टारगेट था।’वो सिमरन ही थीं, जिन्होंने अनुज की करण सूद (विजय पलांडे) से पहली मुलाकात करवाई थी। सिमरन मुंबई में ओबेरॉय स्प्रिंग में रहती थीं। एक रोज वहीं अनुज की विजय पलांडे से पहली मुलाकात हुई। इस पर अनुज कहते हैं, ‘एक बार मैं सिमरन के घर गया था। वहां सिमरन ने मुझे विजय पलांडे को करण सूद के नाम से इंट्रोड्यूस कराया। ये कहकर कि ये मेरा भाई है, ये होटल बिजनेस में है, इसके स्पेन में होटल्स वगैरह हैं, अब्रॉड आते-जाते रहता है, ट्रैवल करता है। मुझे बाद में पता लगा कि वो विजय पलांडे था जबकि मेरे बाप का मर्डर हो चुका था। पुलिस ने बताया कि ये विजय पलांडे है और एक कन्विक्टेड मर्डरर है।’ अनुज कहते हैं, ‘अगर मैं आपको करण सूद से मिलाऊं तो आप कहेंगे ये तो बड़ा ही अच्छा और नेक इंसान है। मुझे कभी ऐसा नहीं लगा कि शक करूं। जैसे ही मैं उससे मिला, मैंने हैंडशेक किया। वो उस समय लंदन जा रहा था। उसने कहा- बाद में मिलेंगे। उसने चार बोतल व्हिस्की मेरे हाथ में थमा दी। “चलो, एंजॉय योरसेल्फ, जब आऊंगा तब मिलेंगे।” बड़े फ्रेंडली तरीके से उसने अपने आप को प्रेजेंट किया जिसकी वजह से मुझे उस पर बिल्कुल भी शक नहीं हुआ।’ अनुज के पिता अरुण टिक्कू की भी हुई थी विजय से मुलाकात अरुण टिक्कू के मर्डर से ठीक दो महीने पहले ही अनुज ने उनकी मुलाकात विजय और सिमरन से करवाई थी। अरुण, दिल्ली आए हुए थे, तब अनुज उन्हें सिमरन के घर ले गए। वहां सभी ने चाइनीज ऑर्डर किया, साथ में डिनर किया। सबने काफी देर तक बात की। तब करण सूद उर्फ विजय ने अरुण टिक्कू से कहा था कि वो जल्द ही अनुज को भी अपने साथ होटल बिजनेस में जोड़ लेगा। अरुण टिक्कू हत्याकांड की जांच चल ही रही थी कि पुलिस को विजय पलांडे के बैंक लॉकर से एक सुसाइड नोट मिला। ये नोट अनुज टिक्कू की राइटिंग में था और इस पर उनका साइन भी था। अनुज फिर शक के घेरे में आ गए, जिसके बाद कई बड़े सवाल खड़े हुए। पहला सवाल- क्या अनुज ने पिता की हत्या करवाई और फिर आत्महत्या की कोशिश की? दूसरा सवाल- अनुज टिक्कू का सुसाइड नोट कुख्यात अपराधी विजय पलांडे के लॉकर में क्यों था? तीसरा सवाल- क्या विजय पलांडे और सिमरन ने अरुण टिक्कू की हत्या करवाई या नौकर इसके जिम्मेदार थे? चौथा सवाल- विजय पलांडे और सिमरन ने अचानक अनुज से दोस्ती क्यों बढ़ाई? पांचवां सवाल- क्या अनुज टिक्कू हत्याकांड से पहले भी विजय पलांडे ने वाकई कई हत्याएं कीं? इन सभी सवालों के जवाब कल 11 फरवरी को, अरुण टिक्कू मर्डर केस के पार्ट-2 में, सिर्फ दैनिक भास्कर एप पर। ……………………………………… पार्ट-1, एक्टर अनुज के विदेश में टुकड़े करने की थी साजिश: नशे में लिखवाया फर्जी सुसाइड नोट, पिता की हत्या से बिगड़ा एक्ट्रेस-गैंगस्टर का प्लान करण सूद (विजय पलांडे) और सिमरन सूद ने पुलिस बयान में अनुज टिक्कू को पिता की हत्या का मास्टरमाइंड कहा। उन्होंने कहा कि अनुज के पिता से रिश्ते ठीक नहीं थे। वो ड्रग एडिक्ट थे और समर्थ आंगन सोसाइटी के कई लोग उनके खिलाफ शिकायत कर चुके थे। ऐसे में बार-बार शिकायतें मिलने के बाद अरुण टिक्कू, उन्हें दिल्ली वापस ले जाने के लिए मुंबई आए थे, लेकिन मुंबई में रहने और पिता से फ्लैट हथियाने के लिए अनुज ने पिता की हत्या करवा दी। पूरी कहानी पढ़िए कल, अरुण टिक्कू हत्याकांड के पार्ट- 2 में। (नोटः ये खबर एक्टर अनुज टिक्कू और मशहूर क्राइम जर्नलिस्ट नीरज अग्रवाल के इंटरव्यू और रिसर्च के आधार पर लिखी गई है।) लेखक- ईफत कुरैशी रिपोर्टर- वर्षा राय…………………………………………………………………….. भास्कर की नई सीरीज बॉलीवुड क्राइम फाइल्स की ये कहानियां भी पढ़िए- पार्ट-1, बालिका वधु एक्ट्रेस प्रत्युषा बोलीं- मैं बिकने नहीं आई:आखिरी कॉल में मां-बाप को गालियां दीं, फिर फंदे पर लटकी मिलीं 1 अप्रैल 2016, दोपहर करीब 12 बजे… प्रत्युषा बनर्जी, बॉयफ्रेंड एक्टर-प्रोड्यूसर राहुल राज के साथ मुंबई के गोरेगांव की हार्मनी बिल्डिंग की सातवीं मंजिल पर स्थित फ्लैट नंबर 703 में रहती थीं। दोपहर में राहुल अपने काम से लोखंडवाला गए थे। कुछ देर बाद ही उन्होंने प्रत्युषा को कॉल किया तो वो जोर-जोर से रो रही थीं। थोड़ी कहासुनी होने के बाद प्रत्युषा ने कहा- वोह, राहुल राज, इगो अपने पास रखो, क्योंकि कुछ ही घंटों में, शायद मिनटों में, किसी को इगो दिखाने के लिए नहीं बचेगा। राहुल ने जवाब दिया- देखो, मैं तुमसे बस इतना बोल रहा हूं, खाली सुनो। प्रत्युषा ने बात काटते हुए कहा- मैं तुमसे इतना बोल रही हूं…. मैंने तुमसे बहुत प्यार किया है। पूरी कहानी पढ़िए… पार्ट-2, मौत से पहले प्रत्युषा बनर्जी ने करवाया अबॉर्शन:बॉयफ्रेंड की एक्स ने की थी मारपीट, पोस्टमॉर्टम में शरीर में मिली 100ml शराब प्रत्युषा बनर्जी के दोस्तों ने जिस सलोनी शर्मा पर उनसे मारपीट के आरोप लगाए थे, उन्होंने पुलिस बयान में कबूला कि उन्होंने एक्ट्रेस को थप्पड़ मारा था, लेकिन साथ ही उन्होंने कहा कि वो और राहुल राज एक समय में रिलेशनशिप में थे, लेकिन प्रत्युषा की वजह से राहुल ने उन्हें छोड़ दिया। पूरी कहानी पढ़िए ………………………………………………………………………. पार्ट-1, एक्ट्रेस के घर से लापता हुए कास्टिंग डायरेक्टर नीरज ग्रोवर: एक कॉल से पुलिस ने सुलझाई गुत्थी, कातिलों ने लाश के सामने बनाए शारीरिक संबंध मई 2008 की बात है उस दौर की सबसे मशहूर क्राइम रिपोर्टर जिग्ना वोरा के पास अमरनाथ ग्रोवर का कॉल आया। उन्होंने घबराती हुई आवाज में कहा, ‘जिग्ना जी, मैं अमरनाथ बोल रहा हूं, मेरा बच्चा गुम हो गया है, क्या आप इस पर स्टोरी करेंगी?’ जिग्ना जो बड़े-बड़े केस की रिपोर्टिंग करती थीं, उनके लिए ये कोई बड़ी बात नहीं थी। उन्होंने जवाब दिया- ‘सर, ऐसे कई बच्चे गुम हो जाते हैं, लेकिन हम सब पर स्टोरी थोड़ी कर सकते।’ पूरी खबर पढ़िए... ………………………………….. पार्ट-2, लाश के सामने एक्ट्रेस ने बनाए शारीरिक संबंध: मॉल से खरीदी चाकू, लाश के टुकड़े थैलियों में भरकर जंगल में जलाए, जानिए कैसे हुए हत्याकांड का खुलासा मारिया की बिल्डिंग के गार्ड ने पूछताछ में बताया कि मारिया 7 मई 2008 की शाम कुछ भारी बैग्स ले जाती दिखी थीं, उस समय उनके बॉयफ्रेंड जेरोम मैथ्यू भी साथ थे, जबकि पूछताछ में जेरोम ने कहा था कि वो मारिया की बिल्डिंग गए ही नहीं थे। नीरज की गुमशुदगी के करीब 2 हफ्ते बाद सख्ती करने पर मारिया ने कहा कि नीरज की हत्या हो चुकी है। जेरोम ने नीरज का कत्ल किया, फिर उन्होंने लाश के सामने एक्ट्रेस का रेप किया। इसके बाद दोनों ने मिलकर लाश के टुकड़े किए और उन्हें ठिकाने लगाया। पूरी कहानी पढ़िए… ……………………………………………………………. पार्ट-1, फार्महाउस गया एक्ट्रेस का परिवार अचानक हुआ लापता: एक साल बाद खुदाई में सड़ते मिले 6 कंकाल, आतंकी बम ब्लास्ट से हुआ हत्याकांड का खुलासा छुट्टी मनाने पूरा परिवार साथ जा रहा था। हंसी-खेल का माहौल था, सबने फार्महाउस में होने वाले मनोरंजन, गानों और कुछ न कुछ करने का पहले से मन बना रखा था। घर के 7 लोग, लैला, लैला की मां सेलिना, बहनें जारा, आफरीन (अजमीना), कजिन रेशमा और भाई इमरान और सौतेले पिता परवेज टाक 2 गाड़ियों में भरकर फार्महाउस के लिए रवाना हुए। पूरी खबर पढ़िए... पार्ट-2, जमीन खोदकर निकाले गए एक्ट्रेस के परिवार के 6 कंकाल: एक साल पहले कुत्ते के साथ दफनाया, कातिल तसल्ली होने तक सिर कुचलता रहा लैला खान छुट्टी मनाने फार्महाउस गईं और अचानक लापता हो गईं। जांच में सामने आया कि सिर्फ लैला ही नहीं, उनके परिवार के 6 और लोग लापता हैं। एक साल तक लैला की कोई खबर नहीं मिली और फिर कश्मीर में एक बम ब्लास्ट हुआ, उस जगह के पास ही लैला की मां के नाम पर रजिस्टर्ड कार मिली। जांच में एक्ट्रेस लैला खान के सौतेले पिता परवेज टाक की गिरफ्तारी हुई। परवेज जांच टीम को फार्महाउस ले गया, जहां एक-एक कर 6 कंकाल बरामद किए गए। इनमें परिवार के पालतू कुत्ते का भी कंकाल था। 10 जुलाई 2012 को परवेज टाक को सदर्न मुंबई किला कोर्ट में पेश कर क्राइम ब्रांच ने कस्टडी ली। मामला गंभीर था, तो जांच टीम सख्ती करने से नहीं चूकी। हाथ-पैर बांधकर परवेज टाक को तबीयत से पीटा गया, जिसके बाद उसकी निशानदेही पर फार्महाउस से कंकाल निकाले गए। इससे पहले ही उसने फरवरी 2011 की रात की पूरी कहानी सुना दी थी। पूरी खबर पढ़िए...
आमिर खान प्रोडक्शंस ने अपनी अपकमिंग पीरियड ड्रामा लाहौर 1947 की थिएट्रिकल रिलीज डेट का ऐलान कर दिया है। यह फिल्म इंडिपेंडेंस डे वीक के दौरान 13 अगस्त 2026 को सिनेमाघरों में रिलीज होगी। लाहौर 1947 में पहली बार सनी देओल, निर्देशक राजकुमार संतोषी और प्रोड्यूसर आमिर खान एक साथ नजर आएंगे। आमिर खान ने कहा, यह धरमजी की सबसे पसंदीदा स्क्रिप्ट्स में से एक थी और मुझे बेहद खुशी होती अगर वह यह फिल्म देख पाते। बता दें, लाहौर 1947 में सनी देओल, शबाना आजमी, प्रीति जिंटा और करण देओल अहम भूमिकाओं में नजर आएंगे। सनी देओल के बेटे करण देओल भी इस फिल्म में एक अहम किरदार निभाते दिखेंगे। फिल्म का म्यूजिक एआर रहमान ने दिया है और गाने जावेद अख्तर ने लिखे हैं। निर्देशक राजकुमार संतोषी और सनी देओल की जोड़ी पहले भी ‘घायल’, ‘घातक’ और ‘दामिनी’ जैसी यादगार फिल्में दे चुकी है। अब कई सालों के बाद यह जोड़ी फिर से साथ लौट रही है, जिससे उम्मीदें और भी बढ़ गई हैं। 1947 के दौर को जीवंत करने वाली यह फिल्म देशभक्ति और वीरता की एक नई मिसाल पेश कर सकती है। बॉर्डर 2 में नजर आए थे सनी देओल आखिरी बार सनी देओल बॉर्डर 2 में नजर आए थे। वर्ल्डवाइड 440 करोड़ का कलेक्शन कर यह फिल्म इस साल की सबसे बड़ी फिल्म बन चुकी है। बॉर्डर के बाद रानी मुखर्जी की फिल्म मर्दानी 3 रिलीज हुई थी। यह फिल्म अब तक 37 करोड़ रुपए की कमाई कर चुकी है।
यश राज फिल्म्स की मर्दानी 3 को रिलीज हुए 11 दिन हो गए हैं। फिल्म ने अपने दूसरे वीकेंड पर 10.55 करोड़ रुपए का नेट कलेक्शन किया है, जिसके बाद भारत में फिल्म की कमाई 37.10 करोड़ रुपए हो गई है। मर्दानी 3 ने दूसरे शुक्रवार को 2.15 करोड़ रुपए की कमाई की। जबकि दूसरे शनिवार को बॉक्स ऑफिस पर जबरदस्त उछाल देखने को मिला और कलेक्शन में 79 प्रतिशत की बढ़त के साथ यह 3.85 करोड़ रुपए नेट तक पहुंच गया। इसके बाद रविवार को कमाई और बढ़ी और फिल्म ने 4.55 करोड़ रुपए का नेट कलेक्शन किया। मर्दानी 3 से क्लैश का नहीं पड़ा बॉर्डर पर असर फिल्म बॉर्डर 2 के एक हफ्ते बाद यानी 30 जनवरी को रानी मुखर्जी की पॉपुलर मर्दानी फ्रैंचाइजी की तीसरी फिल्म मर्दानी 3 रिलीज हुई है। इस फिल्म ने महज 4 करोड़ रुपए का ओपनिंग कलेक्शन किया था ओपनिंग डे पर मर्दानी 3 ने सभी उम्मीदों को पार करते हुए मर्दानी फ्रेंचाइज़ी और रानी मुखर्जी की सोलो फिल्मों में अब तक की सबसे बड़ी ओपनर बनने का रिकॉर्ड बनाया। फिल्म ने पहले दिन 4 करोड़ रुपये की कमाई की, जो भारत में किसी महिला-केंद्रित फिल्म के लिए एक शानदार और चौंकाने वाली शुरुआत मानी जा रही है।
फिल्म गोलमाल 5 लगातार चर्चा में बनी हुई है। फिल्म की कहानी को लेकर सोशल मीडिया पर कई तरह की रिपोर्ट्स सामने आ रही थीं। कहा जा रहा है कि यह फिल्म दो और दो पांच से प्रेरित है। इसी बीच अब निर्देशक रोहित शेट्टी ने इन अटकलों पर विराम लगाते हुए साफ किया है कि गोलमाल 5 किसी भी क्लासिक बॉलीवुड फिल्म से प्रेरित नहीं है और इस तरह की खबरें पूरी तरह बेबुनियाद हैं। रोहित शेट्टी ने ऑफिशियल स्टेटमेंट जारी करते हुए कहा, हम ऑनलाइन और डिजिटल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर चल रही कुछ खबरों को लेकर स्पष्टता देना चाहते हैं, जिनमें यह कहा जा रहा है कि गोलमाल 5 फिल्म ‘दो और दो पांच’ से प्रेरित है या उसी पर आधारित है। हम साफ-साफ कहना चाहते हैं कि ये सभी रिपोर्ट्स गलत, भ्रामक और पूरी तरह असत्य हैं। हम सभी मीडिया हाउसेज, प्रकाशनों, पोर्टल्स और डिजिटल प्लेटफॉर्म्स से सख्त अनुरोध करते हैं कि वे बिना पुष्टि की गई जानकारी को प्रकाशित या प्रसारित न करें। बयान में आगे कहा गया, रोहित शेट्टी या गोलमाल 5 से जुड़ी कोई भी खबर, अपडेट या स्पष्टीकरण प्रकाशित करने से पहले उसे हमसे या हमारे आधिकारिक पीआर प्रतिनिधि – यूनिवर्सल कम्युनिकेशंस से जरूर सत्यापित किया जाए। अगर ऐसा नहीं किया गया, तो सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। हम सभी से उम्मीद करते हैं कि वे पत्रकारिता की सच्चाई और जिम्मेदारी बनाए रखें। साथ ही, जो भी गलत खबरें फिलहाल चल रही हैं, उन्हें जल्द से जल्द सुधारा जाए या हटाया जाए। फिल्म की शूटिंग फरवरी के अंत में मुंबई के फिल्म सिटी में शुरू होने की उम्मीद है और फिल्म को 2027 की शुरुआत में सिनेमाघरों में रिलीज करने का लक्ष्य रखा गया है। यह पांचवीं किस्त ‘गोलमाल’ फ्रैंचाइजी के 20 साल पूरे होने का जश्न भी है, क्योंकि पहली फिल्म 2006 में रिलीज हुई थी और उसके बाद सीरीज ने देशभर में बड़ी सफलता हासिल की है।
है जवानी तो इश्क होना है:वॉर ड्रामा के बाद अब कॉमेडी की ओर लौटेंगे वरुण, करेंगे डबल रोल
वरुण धवन इन दिनों गंभीर सिनेमा और हल्की-फुल्की कॉमेडी के बीच बैलेंस बना रहे हैं। ‘बॉर्डर 2’ से उन्होंने अपनी अभिनय क्षमता का विस्तार किया है, वहीं ‘है जवानी तो इश्क होना है’ के जरिए वे एक बार फिर उसी मास ऑडियंस से जुड़ेंगे। इस फिल्म से वरुण एक बार फिर अपनी जड़ों की ओर लौटते दिख रहे हैं। ‘है जवानी तो इश्क होना है’ एक शुद्ध मसाला कॉमेडी है, जिसे उनके पिता और कॉमेडी किंग डेविड धवन निर्देशित कर रहे हैं। ‘मैं तेरा हीरो’, ‘जुड़वां 2’ और ‘कुली नंबर 1’ के बाद यह पिता-पुत्र की चौथी फिल्म होगी, जिससे दर्शकों को एक बार फिर क्लासिक डेविड स्टाइल एंटरटेनमेंट की उम्मीद है। ये फिल्म 5 जून को सिनेमाघरों में दस्तक देगी। फिल्म में पूजा हेगड़े और मृणाल ठाकुर भी मुख्य भूमिकाओं में हैं, वहीं मृणाल का हालिया ‘प्रेग्नेंट लुक’ फिल्म की कहानी में बड़े ट्विस्ट का संकेत देता है। मृणाल के पास आने वाले समय में कई बड़े प्रोजेक्ट्स हैं। वह जल्द ही दो दीवाने सहर में' नजर आएंगी। इसमें उनके साथ सिद्धांत चतुर्वेदी हैं। इस फिल्म को संजय लीला भंसाली प्रोड्यूस कर रहे हैं। प्रेम में असफल युवक का किरदार कहानी एक ऐसे युवक के इर्द-गिर्द घूमती है, जिसकी प्रेम कहानी हर बार असफल हो जाती है और फिर उसे किस्मत बदलने के लिए मदद मिलती है। दिलचस्प बात यह है कि वरुण इस फिल्म में डबल रोल में नजर आएंगे। एक तरफ बॉय-नेक्स्ट-डोर लुक, तो दूसरी ओर ज्यादा मैच्योर अवतार। 90 के दशक के म्यूजिकल वाइब और मजबूत सपोर्टिंग कास्ट राजपाल यादव, जॉनी लीवर, चंकी पांडे और मनीष पॉल फिल्म को पूरी तरह फैमिली एंटरटेनर बनाने की तैयारी में हैं। यूरोप की सड़कों पर शूट हुआ पार्टी सॉन्ग फिल्म की शूटिंग ऋषिकेश, लंदन और स्कॉटलैंड जैसी भव्य लोकेशनों पर की गई है। ऋषिकेश में गंगा आरती और रिवर राफ्टिंग सीक्वेंस से लेकर यूरोप की सड़कों पर पार्टी सॉन्ग तक, मेकिंग में बड़े पैमाने पर निवेश किया गया है।
डाकू में साथ दिखेंगे अदिवि शेष और पवन सिंह:डांस करते आएंगे नजर, मृणाल ठाकुर निभाएंगी लीड रोल
पैन-इंडिया एक्शन फिल्म डाकू में अदिवि शेष और भोजपुरी इंडस्ट्री के मशहूर सिंगर पवन सिंह डांस करते नजर आएंगे। यह गाना तेलुगु, हिंदी और भोजपुरी सिनेमा की एक साथ झलक दिखाएगा। पवन सिंह ने इंस्टाग्राम पर पोस्ट शेयर करते हुए कैप्शन में लिखा, भाई भोजपुरी और तेलुगु जिंदाबाद। बता दें, मृणाल ठाकुर अपनी शूटिंग खत्म कर चुकी हैं और अदिवि शेष ने हाल ही में फिल्म की शूटिंग पूरी होने की जानकारी दी है। इसके बाद डाकू इस साल की सबसे ज्यादा चर्चा में रहने वाली एक्शन फिल्मों में शामिल हो गई है। अदिवि शेष के अलावा फिल्म में मृणाल ठाकुर मुख्य भूमिका में नजर आएंगी, जबकि अनुराग कश्यप एक अहम किरदार निभा रहे हैं। इस फिल्म का डायरेक्शन शनील देवो कर रहे हैं। डाकू को सुप्रिया यारलगड्डा ने प्रोड्यूस किया है। जबकि सुनील नारंग इसके को-प्रोड्यूसर हैं और फिल्म को अन्नपूर्णा स्टूडियोज प्रस्तुत कर रहा है। फिल्म की शूटिंग एक साथ हिंदी और तेलुगु में की गई है, जबकि इसकी कहानी और पटकथा अदिवि शेष और शनील देवो ने मिलकर लिखा है।
दीपिका पादुकोण के बाद डायरेक्टर संदीप रेड्डी वांगा की फिल्म स्पिरिट से एक्टर प्रकाश राज के बाहर होने की खबर सामने आई थी। हालांकि, इस पर प्रतिक्रिया देते हुए प्रकाश राज ने इसे गलत बताया है। दरअसल, रविवार को OTTPlay की एक रिपोर्ट में कहा गया था कि प्रकाश राज को फिल्म में एक अहम किरदार के लिए साइन किया गया था, लेकिन अब वह प्रोजेक्ट का हिस्सा नहीं हैं। रिपोर्ट के मुताबिक, शूटिंग के दौरान स्क्रिप्ट और एक सीन को फिल्माने के तरीके को लेकर डायरेक्टर और एक्टर के बीच तीखी बहस हुई थी। बाद में ये मतभेद और बढ़ गए। रिपोर्ट में यह भी दावा किया गया था कि सेट पर एक्टर का व्यवहार टीम के लिए चैलेंजिंग हो गया था, जिसके चलते मेकर्स ने उनसे अलग होने का फैसला लिया। हालांकि, हिंदुस्तान टाइम्स से बातचीत में प्रकाश राज ने इन दावों को खारिज करते हुए कहा, “ये सब बेकार की बातें हैं। मुझे इसके बारे में कुछ भी पता नहीं है।” उन्होंने साफ किया कि वह अब भी फिल्म का हिस्सा हैं। फिल्म से दीपिका पादुकोण बाहर हुई थीं गौरतलब है कि फिल्म स्पिरिट पिछले साल मई के महीने में तब चर्चा में आई थी, जब इससे दीपिका पादुकोण बाहर हो गई थीं। कथित तौर पर दीपिका की ओर से आठ घंटे की शिफ्ट, मोटी फीस, प्रॉफिट में हिस्सा और तेलुगु में डायलॉग न बोलने जैसी मांगें शामिल थीं। दीपिका सितंबर 2024 में मां बनी हैं, इसलिए वह कथित तौर पर हफ्ते में सिर्फ पांच दिन, आठ घंटे की शिफ्ट चाहती थीं। एक्ट्रेस की इन मांगों से संदीप रेड्डी वांगा खुश नहीं थे, जिसके बाद उन्हें फिल्म से बाहर कर दिया गया था। दीपिका के बाहर होने के बाद तृप्ति डिमरी को फिल्म की फीमेल लीड के रूप में कास्ट किया गया। तृप्ति इससे पहले संदीप रेड्डी वांगा के साथ फिल्म एनिमल में काम कर चुकी हैं। फिल्म में प्रभास लीड रोल में नजर आएंगे। बता दें कि नए साल के मौके पर मेकर्स ने फिल्म का पहला पोस्टर जारी किया था। पोस्टर में प्रभास और तृप्ति एक विंडो के पास खड़े नजर आते हैं। प्रभास लंबे बालों, घनी दाढ़ी और मूंछों के साथ शर्टलेस नजर आ रहे हैं। उनकी बॉडी पर चोट का निशान और कंधे, बांह और पीठ पर कई पट्टियां बंधी हुई हैं। प्रभास के होठों के बीच एक सिगरेट है और एक हाथ में शराब का गिलास है। वहीं, तृप्ति हल्के ग्रे रंग की साड़ी में प्रभास के करीब खड़ी नजर आ रही हैं और वो प्रभास का सिगरेट जलाती दिखाई दे रही हैं। तृप्ति का फेस काफी शांत और गंभीर नजर आ रहा है।
एक्टर अमिताभ बच्चन का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है, जिसमें वे रविवार को मुंबई में फैन्स से मुलाकात के दौरान एक पोस्टर पकड़े नजर आए। पोस्टर पर लिखा मैसेज कई लोगों को हैरान कर रहा है। दरअसल, अमिताभ बच्चन हर रविवार को अपने घर के बाहर फैन्स से मुलाकात करते हैं। रविवार को फैन्स से मुलाकात के दौरान बिग बी के हाथ में एक पोस्टर दिखा, जिस पर लिखा था- “मुझे सपोर्ट करिए! मेरे ससुराल वाले मेरी वाइफ को भेज नहीं रहे हैं। 1982 ए लव मैरिज।” हालांकि, इस पोस्टर का अमिताभ बच्चन से कोई निजी संबंध नहीं है। यह पोस्टर एक फिल्म से जुड़ा हुआ है, जो 13 फरवरी को सिनेमाघरों में रिलीज होने वाली है। वर्क फ्रंट की बात करें तो अमिताभ बच्चन आखिरी बार रजनीकांत के साथ फिल्म वेट्टैयन में नजर आए थे। टी. जे. ज्ञानवेल द्वारा निर्देशित यह तमिल फिल्म 10 अक्टूबर, 2024 को रिलीज़ हुई थी। इस फिल्म में उन्होंने सत्यदेव (जस्टिस डॉ. सत्यदेव ब्रह्मदत्त पांडे) का रोल प्ले किया था। वहीं, फिल्म में रजनीकांत ने एक एनकाउंटर स्पेशलिस्ट पुलिस अधिकारी का रोल निभाया था। बता दें कि फिल्म में अमिताभ बच्चन और रजनीकांत 33 साल बाद एक साथ पर्दे पर नजर आए थे। इससे पहले दोनों ने 1991 की ब्लॉकबस्टर फिल्म 'हम' में साथ काम किया था।
प्लेबैक सिंगिंग छोड़ने की घोषणा के कुछ ही दिनों बाद सिंगर अरिजीत सिंह ने रविवार को कोलकाता में लाइव परफॉर्मेंस दी। उन्होंने नेताजी इंडोर स्टेडियम में हुए लाइव कॉन्सर्ट में सितार वादक अनुष्का शंकर के साथ परफॉर्म किया। कॉन्सर्ट में परकशनिस्ट बिक्रम घोष भी मंच पर मौजूद थे। इसे अरिजीत की प्लेबैक सिंगिंग छोड़ने के ऐलान के बाद पहली पब्लिक परफॉर्मेंस माना जा रहा है। कॉन्सर्ट के दौरान अरिजीत ने बंगाली क्लासिक ‘माया भोरा राती’ गाया, जिसे मूल रूप से लक्ष्मी शंकर ने आवाज दी थी और पंडित रवि शंकर ने कंपोज किया था। अनुष्का शंकर ने जब उन्हें मंच पर इंट्रोड्यूस किया, तो अरिजीत इमोशनल हो गए और कहा कि वह काफी नर्वस हैं। साथ ही उन्होंने उन्हें बुलाने के लिए धन्यवाद दिया। इसके बाद अरिजीत और अनुष्का ने ‘ट्रेसेस ऑफ यू’ का डुएट परफॉर्म किया। यह गाना अनुष्का शंकर द्वारा कंपोज किया गया है और इसे मूल रूप से नोरा जोन्स ने गाया था। गौरतलब है कि 27 जनवरी को अरिजीत सिंह ने सोशल मीडिया पर घोषणा की थी कि वह अब कोई नया प्लेबैक सिंगिंग असाइनमेंट नहीं लेंगे। सिंगर ने ऑफिशियल इंस्टाग्राम अकांउट पर लिखा था, नमस्ते, आप सभी को नए साल की हार्दिक शुभकामनाएं। इतने सालों से श्रोताओं के रूप में मुझे जो इतना प्यार दिया है, उसके लिए आप सबका धन्यवाद। मुझे यह बताते हुए खुशी हो रही है कि अब से मैं एक प्लेबैक सिंगर के तौर पर कोई भी नया काम नहीं लूंगा। मैं इसे यहीं खत्म कर रहा हूं। यह एक शानदार सफर रहा। एक नजर अरिजीत सिंह के करियर पर 25 अप्रैल 1987 को अरिजीत सिंह का जन्म पश्चिम बंगाल के जीयागंज में हुआ था। उनकी मां शास्त्रीय गायिका और मौसी तबला वादक थीं। बचपन से ही उनकी रुचि सिंगिंग में थी। शास्त्रीय संगीत सीखने के बाद अरिजीत ने 18 साल की उम्र में साल 2005 में सिंगिंग रियलिटी शो 'फेम गुरुकुल' में हिस्सा लिया था। अरिजीत ये शो नहीं जीत सके, हालांकि उनकी परफॉर्मेंस से इंप्रेस होकर संजय लीला भंसाली ने उन्हें फिल्म सांवरिया का गाना यूं शबनमी ऑफर किया था। सिंगर ने ये गाना गाया, हालांकि कुछ बदलाव के चलते उस गाने से सिंगर रिप्लेस करवा दिया गया। आगे उन्होंने बतौर बैकग्राउंड सिंगर काम किया। गोलमाल 3, क्रूक, एक्शन रीप्ले जैसी फिल्मों में म्यूजिक कोलेबोरेशन के बाद अरिजीत ने फिल्म मर्डर 2 के गाने 'फिर मोहब्बत करने चला है' से बतौर प्लेबैक सिंगर डेब्यू किया। इस गाने की पॉपुलैरिटी के बाद उन्हें एजेंट विनोद का गाना राब्ता मिला। ये गाना भी हिट रहा और अरिजीत ने समय के साथ बेहतरीन गाने देते हुए स्टारडम हासिल किया। अरिजीतने अपने म्यूजिकल करियर में 532 हिंदी, 144 बंगाली और 25 तेलुगु समेत कई भाषाओं में 700 से ज्यादा गाने गाए हैं। वो 2 नेशनल अवॉर्ड, 8 फिल्मफेयर समेत कुल 122 अवॉर्ड जीत चुके हैं। अरिजीत को पहला नेशनल अवॉर्ड साल 2018 में पद्मावत के गाने बिनते दिल के लिए और दूसरा नेशनल अवॉर्ड 2022 में फिल्म ब्रह्मास्त्र के गाने केसरिया के लिए मिला है। साल 2015 में अरिजीत सिंह को पद्मश्री से सम्मानित किया जा चुका है।
एक्ट्रेस सोनम कपूर ने रविवार को मुंबई स्थित अपने घर पर प्राइवेट बेबी शावर सेरेमनी होस्ट की। सोनम और उनके पति आनंद आहूजा दूसरी बार पैरेंट्स बनने वाले हैं। बेबी शावर में सोनम के परिवार के सदस्यों के अलावा कई सेलेब्स भी नजर आए। करीना कपूर, भूमि पेडनेकर भी इस समारोह का हिस्सा बनीं। बता दें कि सोनम कपूर ने अपने बेबी शावर को सिंपल, एलिगेंट और पर्सनल टच के साथ सेलिब्रेट किया। इस खास मौके पर सोनम ने लाइम-ग्रीन लहंगा पहना, जिसके साथ मैचिंग केप था। फ्लोरल एम्ब्रॉयडरी और फ्लूइड सिल्हूट वाले इस आउटफिट में कम्फर्ट को प्राथमिकता दी गई। उन्होंने दुपट्टे को पल्लू की तरह ड्रेप किया और भारी लेयरिंग से परहेज किया। स्टाइलिंग में स्लीक बन, लाल बिंदी, रेड लिपस्टिक और गोल्ड ज्वेलरी शामिल रही। बता दें कि सोनम पहले से ही एक बच्चे की मां हैं। उनका बेटा वायु तीन साल का है, जिसका जन्म अगस्त 2022 में हुआ था। एक्ट्रेस ने 8 मई 2018 को बिजनेसमैन आनंद आहूजा से मुंबई में सिख रीति-रिवाज से शादी की थी। सोनम ने अपने करियर की शुरुआत साल 2007 में फिल्म सांवरिया से की थी। एक्ट्रेस की नीरजा, रांझणा और प्रेम रतन धन पायो प्रमुख फिल्में हैं। वह आखिरी बार फिल्म ब्लाइंड में नजर आई थीं, जो 7 जुलाई 2023 को जिओ सिनेमा पर रिलीज हुई थी।
गीतकार जावेद अख्तर ने हाल ही में बताया कि मशहूर इंडिपेंडेंट ट्रैक ब्रीथलेस का कॉन्सेप्ट उनके दिमाग में आने के बाद करीब सात साल तक किसी संगीतकार या म्यूजिक कंपनी का सपोर्ट उन्हें नहीं मिला था। गौरतलब है कि ब्रीथलेस सिंगर-कंपोजर शंकर महादेवन के आज तक के सबसे फेमस गानों में से एक है। इसे जावेद अख्तर ने लिखा था और इसका कॉन्सेप्ट भी उन्होंने ही सोचा था। ब्रीथलेस को लेकर वैरायटी इंडिया को दिए इंटरव्यू में जावेद अख्तर ने बताया, यहां तक कि सबसे बड़े शास्त्रीय गायक और संगीतकारों ने भी कहा कि हम ऐसा गाना नहीं बना सकते। जब वे कहते थे कि इसे गाने का रूप नहीं दे सकते, तो मैं उनसे धुनें मांगता था और कहता था कि बाकी काम मैं कर लूंगा। सब लोग बस मुस्कुरा देते थे, इसे एक दिलचस्प विचार कहते थे, लेकिन कोई भी साथ जुड़ने की हिम्मत नहीं करता था। जावेद अख्तर ने आगे कहा कि यह गाना पूरे सात साल तक अटका रहा और जब मैं सात कहता हूं, तो मेरा मतलब सात ही है, न पांच, न छह। मैं सबसे मिला, लेकिन नाम लेना शर्मनाक होगा। शंकर नहीं मिलते तो ब्रीथलेस बनता नहीं: जावेद अख्तर बता दें कि पूरे सात साल बाद जावेद अख्तर की मुलाकात शंकर महादेवन से हुई और उन्होंने उन्हें यह आइडिया सुनाया, जिन्होंने तुरंत हामी भर दी। जावेद अख्तर ने कहा, यह मेरी किस्मत थी। अगर मेरी मुलाकात शंकर से नहीं हुई होती तो क्या होता? मैं आज भी ‘ब्रीथलेस’ को बिना बने ही लेकर बैठा होता। मैं यह मान लेता कि यह एक खराब आइडिया था, क्योंकि अगर हर कोई किसी चीज को ठुकरा रहा है तो उसमें कोई न कोई कमी तो होगी। इस पर शंकर महादेवन ने कहा, “ब्रीथलेस के मामले में मार्केटिंग डिपार्टमेंट गाना या वीडियो रिलीज करने को तैयार नहीं था। उन्हें गाने पर भरोसा नहीं था। इसे लेकर बहस भी हुई।” इस पर जावेद अख्तर ने मजाकिया अंदाज में कहा, “इस विवाद की बातें बहुत शर्मनाक हैं। वे मुझसे पूछते थे कि इसे गाएगा कौन? कोई इसे गा नहीं सकता। यह गाना लोकप्रिय कैसे होगा?”
प्लेबैक सिंगिंग छोड़ने के बाद सिंगर अरिजीत सिंह का पहला गाना 9 फरवरी को रिलीज हो रहा है। गाने के बोल हैं ‘ओ शिव मेरे तुम मालिक’ हो। खास बात यह है कि इस गाने के म्यूजिक कंपोजर हरियाणवी युवक मंदीप पंघाल हैं। मंदीप पंघाल अभी तक सोनू निगम और गुरु रंधावा के साथ काम करते रहे हैं। हाल ही में उन्होंने गुरु रंधावा के सॉन्ग ‘किथै बसदै नै’ का म्यूजिक कंपोज किया था। अब उन्होंने अरिजीत सिंह के साथ काम की शुरुआत की है। पंघाल बॉलीवुड म्यूजिक इंडस्ट्री में ऐसे पहले हरियाणवी हैं, जिन्होंने अरिजीत सिंह के साथ काम किया है। दो साल पहले राम मंदिर प्राण प्रतिष्ठा कार्यक्रम ने कंपोजर की जिंदगी बदल कर रख दी थी। बता दें कि अरिजीत सिंह ने हाल ही में प्लेबैक सिंगिग से संन्यास लेने की घोषणा की है। इसके बाद उनका अपने लिए यह पहला गाना है। अरिजीत सिंह ने अपने म्यूजिकल करियर में 532 हिंदी, 144 बंगाली और 25 तेलुगु समेत कई भाषाओं में 700 से ज्यादा गाने गाए हैं। वो 2 नेशनल अवॉर्ड, 8 फिल्मफेयर समेत कुल 122 अवॉर्ड जीत चुके हैं। अरिजीत सिंह को पहला नेशनल अवॉर्ड साल 2018 में पद्मावत के गाने बिनते दिल के लिए और दूसरा नेशनल अवॉर्ड 2022 में फिल्म ब्रह्मास्त्र के गाने केसरिया के लिए मिला है। साल 2015 में अरिजीत सिंह को पद्मश्री से सम्मानित किया जा चुका है। म्यूजिक कंपोजर मंदीप पंघाल का सफर, 4 पॉइंट में… 3 पॉइंट में जानिए पंघाल की फैमिली के बारे में… चार पॉइंट में समझिए संन्यास के बाद अरिजीत का प्लान… अरिजीत सिंह के शुरुआती बेस्ट गाने… फिर मोहब्बत, फिल्म- मर्डर 2 (2012) तुम ही हो, फिल्म- आशिकी 2 (2013) मेरी आशिकी, फिल्म- आशिकी (2012) राब्ता, फिल्म- एजेंट विनोद (2012) फिर ले आया दिल, फिल्म- बर्फी (2012) दिल्ली वाली गर्लफ्रेंड, कबीरा, इलाही, फिल्म- ये जवानी है दीवानी (2013) लाल इश्क, फिल्म- गोलियों की रासलीलाः रामलीला (2013) मैं रंग शरबतों का, फिल्म- फटा पोस्टर निकला हीरो (2014) मस्त मलंग, फिल्म- 2 स्टेट (2014) हमदर्द, फिल्म- एक विलेन (2014) सुकून मिला, फिल्म- मैरी कॉम (2014) सावन आया है, फिल्म- क्रिएचर 3D (2014) हमारी अधूरी कहानी, फिल्म- हमारी अधूरी कहानी (2015) अगर तुम साथ हो, फिल्म- तमाशा (2015) आयत- फिल्म- बाजीराव मस्तानी (2015) गेरुआ, जनम-जनम, फिल्म- दिलवाले (2015) सनम रे, फिल्म- सनम रे (2016) ये फितूर मेरा, फिल्म- फितूर (2016) चन्ना मेरेया, फिल्म- ऐ दिल है मुश्किल (2016) इश्क मुबारक, फिल्म- तुम बिन 2 (2016) ------------------------ ये खबर भी पढ़ें…. अरिजीत सिंह ने छोड़ी प्लेबैक सिंगिंग:कहा- इसे खत्म कर रहा हूं; अब इंटरनेशनल प्रोजेक्ट्स पर करेंगे काम, कई बार विवादों में रहे पॉपुलर सिंगर अरिजीत सिंह ने प्लेबैक सिंगिंग से संन्यास ले लिया है। उन्होंने मंगलवार को सोशल मीडिया के जरिए इसकी आधिकारिक घोषणा की है। सिंगर ने ऑफिशियल इंस्टाग्राम अकांउट पर लिखा- नमस्ते, आप सभी को नए साल की हार्दिक शुभकामनाएं। इतने सालों से श्रोताओं के रूप में मुझे जो इतना प्यार दिया है, उसके लिए आप सबका धन्यवाद। मुझे यह बताते हुए खुशी हो रही है कि अब से मैं एक प्लेबैक सिंगर के तौर पर कोई भी नया काम नहीं लूंगा। (पूरी खबर पढ़ें…)
पंजाब में बैन के बावजूद गन कल्चर वाले गीत रिलीज होने से नहीं रुक रहे। ताजा मामला मशहूर पंजाबी सिंगर मनकीरत औलख के नए गीत असलहा को लेकर सामने आया है। BJP पंजाब ट्रेड सेल के को-कन्वीनर अरविंद शर्मा ने इस गीत पर आपत्ति जताई है। अरविंद ने इसे हिंसा के लिए उकसाने वाला बताया और इसे लेकर DGP गौरव यादव को लेटर लिखा है। उन्होंने मांगी की है कि गीत पर रोक लगाई जाए और इसे यूट्यूब से हटाया जाए। मनकीरत औलख पिछले 15 दिन से अपने नए गीत के प्रमोशन को लेकर लगातार पंजाब का टूर कर रहे थे। 3 दिन पहले (6 फरवरी) ही उनका यह गाना रिलीज हुआ है। मनकीरत औलख और जेहर वाइब का यह गाना डिजिटल प्लेटफॉर्म्स और यूट्यूब पर रिलीज किया गया है। रिलीज के साथ ही यह गाना अपने लिरिक्स और विजुअल्स के कारण विवादों में आ गया। गाने के बोल और वीडियो में हथियारों की नुमाइश की गई है। डीजीपी को भेजी शिकायत की 3 अहम बातें मनकीरत औलख के साथ जुड़े विवाद
राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ यानी RSS ने मुंबई में अपने 100 साल पूरे होने पर दो दिन का कार्यक्रम आयोजित किया। इस कार्यक्रम में कई बड़े बॉलीवुड सितारे भी शामिल हुए। कार्यक्रम के पहले दिन यानी शनिवार को बॉलीवुड एक्टर सलमान खान पहुंचे। उनके अलावा रणबीर कपूर, हेमा मालिनी, सुभाष घई, प्रसून जोशी, पूनम ढिल्लों और मोहित सूरी भी नजर आए। वहीं, कार्यक्रम के दूसरे दिन यानी रविवार को अक्षय कुमार, करण जौहर, रवीना टंडन और विक्की कौशल समेत कई और सितारे शामिल हुए। कार्यक्रम के दौरान RSS प्रमुख मोहन भागवत ने लोगों को संबोधित किया। उन्होंने कहा कि समाज में अच्छे संस्कार और सही सोच को बढ़ावा देना जरूरी है। खासकर युवाओं के लिए अच्छे रोल मॉडल होना बहुत अहम है। देखें कार्यक्रम की तस्वीरें भागवत ने सलमान का जिक्र किया मोहन भागवत ने सलमान खान का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि कॉलेज के स्टूडेंट सलमान खान के फैशन को कॉपी करते हैं। जब उनसे पूछा जाता है कि क्यों, तो वे कहते हैं कि उन्हें नहीं पता, सलमान ऐसा कर रहे हैं। इसका मतलब है कि समाज में अच्छे मूल्य फैशन बनने चाहिए। बता दें कि RSS का द्विदिवसीय कार्यक्रम (व्याख्यानमाला) 7 और 8 फरवरी 2026 को वर्ली के नेहरू सेंटर में हुआ। इसका विषय “संघ की सौ वर्षों की यात्रा -नए क्षितिज” था। कार्यक्रम में मोहन भागवत ने दोनों दिन संबोधन दिया। पहले दिन उन्होंने सांस्कृतिक एकता पर बात की और कहा कि भारत में रहने वाले सभी लोग एक साझा संस्कृति से जुड़े हैं। दूसरे दिन उन्होंने बांग्लादेश में हिंदुओं की स्थिति और भारत में अवैध घुसपैठ जैसे मुद्दों पर अपने विचार रखे। यह कार्यक्रम RSS की देशभर में चल रही शताब्दी व्याख्यानमाला का हिस्सा था, जो पहले दिल्ली, बेंगलुरु और कोलकाता में भी हो चुकी है। इसमें बॉलीवुड सितारों समेत अलग-अलग क्षेत्रों से करीब 900 लोग मौजूद रहे।
एक्टर सलमान खान की मोस्ट-अवेटेड वॉर फिल्म ‘बैटल ऑफ गलवान’ की रिलीज डेट टल सकती है। एक रिपोर्ट में दावा किया गया है कि फिल्म के री-शूट और कुछ जरूरी प्रक्रियाओं की वजह से इसकी टाइमलाइन आगे बढ़ गई है। हालांकि, फिल्म की टीम ने अभी तक इस पर कोई ऑफिशियल अनाउंसमेंट नहीं की है। बता दें कि फिल्म की रिलीज डेट 17 अप्रैल तय की गई थी। बॉलीवुड हंगामा की रिपोर्ट के मुताबिक, फिल्म के कुछ अहम सीन का री-शूट चल रहा है, जिसमें टीम को उम्मीद से ज्यादा वक्त लग रहा है। बताया जा रहा है कि सलमान खान और डायरेक्टर अपूर्व लाखिया कहानी के इमोशनल और ड्रामैटिक इम्पैक्ट को और स्ट्रॉन्ग बनाना चाहते हैं, इसी वजह से प्रोडक्शन में देरी हो रही है। नया शूटिंग शेड्यूल रिपोर्ट के मुताबिक, 9 फरवरी से मुंबई की गोल्डन टोबैको फैक्ट्री में फिल्म का नया शूटिंग शेड्यूल शुरू होने वाला है। इसके बाद कुछ ही दिनों की शूटिंग बचने की उम्मीद है। सूत्र के अनुसार, फिल्म की पूरी शूटिंग फरवरी के आखिर तक पूरी हो जाएगी। इसके बाद अपूर्व लाखिया री-शूट किए गए सीन की एडिटिंग शुरू करेंगे। रक्षा मंत्रालय की स्क्रीनिंग प्रोडक्शन और एडिटिंग के साथ-साथ फिल्म की रिलीज रक्षा मंत्रालय की अनिवार्य स्क्रीनिंग पर भी निर्भर करेगी। इस प्रक्रिया की वजह से रिलीज में और देरी हो सकती है। यह स्क्रीनिंग इसलिए जरूरी होती है ताकि असली घटनाओं और राष्ट्रीय हितों को सही और संवेदनशील तरीके से दिखाया जा सके, खासतौर पर जब फिल्म का विषय सेना से जुड़ा हो। रिलीज डेट को लेकर अटकलें मौजूदा हालात को देखते हुए पहले तय की गई अप्रैल रिलीज अब संभव नहीं लग रही है। रिपोर्ट के मुताबिक, सलमान का मानना है कि देशभक्ति से जुड़ी इस फिल्म को बेहद सोच-समझकर पेश किया जाना चाहिए और इसलिए टीम को किसी भी तरह की जल्दबाजी से बचना चाहिए। सूत्र के अनुसार, सलमान खान और अपूर्व लाखिया रिलीज टालने के विकल्प पर गंभीरता से चर्चा कर रहे हैं, हालांकि अभी तक कोई फाइनल फैसला नहीं हुआ है। टीम अलग-अलग तारीखों पर विचार कर रही है।
यशराज फिल्म्स की ‘सैयारा’ से चर्चा में आईं अनीत पड्डा और ‘मर्दानी 2’ व ‘होमबाउंड’ से पहचान बना चुके विशाल जेठवा तेजी से बड़े बैनर्स की पहली पसंद बनते जा रहे हैं। अब ये दोनों कलाकार पहली बार मैडॉक फिल्म्स के हॉरर-कॉमेडी यूनिवर्स में एक साथ नजर आने वाले हैं। दिनेश विजन और अमर कौशिक के सुपरहिट यूनिवर्स में अगली पेशकश ‘शक्ति शालिनी’ होगी। सूत्रों के मुताबिक, यह फिल्म अनीत को एक महिला-प्रधान सुपरनैचुरल किरदार में पेश करेगी, जबकि विशाल उनके लव इंटरेस्ट की भूमिका निभाएंगे। हालांकि यह रिश्ता सिर्फ रोमांस तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि कहानी को नैतिक गहराई और भावनात्मक आधार भी देगा। कियारा के हटने के बाद अनीत हुईं कास्ट अक्टूबर 2024 तक इस प्रोजेक्ट से कियारा आडवाणी का नाम जुड़ा था, लेकिन अब फिल्म अनीत के खाते में है। मार्च 2026 से शूटिंग शुरू होने की संभावना है। ‘शक्ति शालिनी’ को ‘मुंज्या’ फेम आदित्य सरपोतदार डायरेक्ट करेंगे। यह फिल्म चंबल और आस-पास की लोककथाओं पर बेस्ड होगी। जहां ‘स्त्री’ में रहस्य और ‘मुंज्या’ में शरारत थी, वहीं इस बार फोकस हाई-ऑक्टेन एक्शन और दैवीय शक्तियों पर होगा। अनीत का किरदार एक ऐसी युवती का है, जिसे धीरे-धीरे अपनी असाधारण शक्तियों का एहसास होता है। ‘सलाम वेंकी’ में साथ काम कर चुके हैं दोनों सूत्रों के मुताबिक, विशाल का किरदार कहानी में एक खास बैलेंस लाता दिखेगा। अनीत और विशाल इससे पहले काजोल स्टारर ‘सलाम वेंकी’ में साथ काम कर चुके हैं, लेकिन वहां दोनों का कम रोल था, लेकिन ‘शक्ति शालिनी’ में उन्हें पहली बार पूरी स्पेस देगी। विशाल के लिए भी यह ऐसी फिल्म होगी, जहां वह लीड हीरो हैं। इस जोड़ी का कॉम्बिनेशन ऐसा है कि एक तरफ उभरता स्टारडम है तो दूसरी तरफ मजबूत अभिनय। कोर्टरूम ड्रामा ‘न्याय’ का भी हिस्सा हैं अनीत, फिलहाल पढ़ाई पर फोकस करियर के इस अहम मोड़ पर भी अनीत अपनी पढ़ाई को भी प्राथमिकता दे रही हैं। वह फिलहाल पॉलिटिकल साइंस से BA ऑनर्स कर रही हैं। एग्जाम के बाद ही वह शूटिंग जॉइन करेंगी। इसके अलावा वह कोर्टरूम ड्रामा सीरीज ‘न्याय’ और मनीष शर्मा की अनटाइटल्ड रोमांटिक फिल्म में भी दिखेंगी। वहीं विशाल के लिए ‘शक्ति शालिनी’ एक बड़ा कॉमर्शियल टर्निंग पॉइंट हो सकती है। इंडस्ट्री ट्रेड्स के मुताबिक विशाल इस साल आर्ट सिनेमा और मास एंटरटेनमेंट दोनों में अपनी मजबूत मौजूदगी दर्ज कराएंगे।
एक्ट्रेस रिया चक्रवर्ती ने हाल ही में बताया कि सुशांत सिंह राजपूत केस में नाम आने के बाद कोई भी उनके साथ काम करने को तैयार नहीं था। दरअसल, कई सालों तक मेनस्ट्रीम से दूर रहीं रिया अब डायरेक्टर हंसल मेहता की अपकमिंग वेब सीरीज फैमिली बिजनेस से एक्टिंग में वापसी करने जा रही हैं। हिंदुस्तान टाइम्स को दिए इंटरव्यू में रिया ने अपनी ज़िंदगी के मुश्किल दौर के बारे में बात की। रिया ने कहा, “एक्टिंग का वह सपना छोड़ना, जिसके लिए मैंने दस साल से ज़्यादा मेहनत की थी, मेरे लिए बिल्कुल आसान नहीं था। इसके लिए मुझे कई बार थेरेपी लेनी पड़ी। मुझे उसके बारे में सोचना बंद करना पड़ा, क्योंकि वह सपना अब पूरा होता दिखाई नहीं दे रहा था और मुझे एक्टिंग के मौके नहीं मिल रहे थे।” रिया ने यह भी बताया कि जब यह प्रोजेक्ट उन्हें ऑफर हुआ था, तो उन्होंने शुरुआत में मना कर दिया था। उन्होंने कहा, “हंसल सर और राइटर ने मुझसे पूछा कि मुझे क्या रोक रहा है। मैंने उनसे कहा कि मैंने एक्टिंग छोड़ दी है। तब उन्होंने कहा कि यही वजह है कि मुझे यह करना चाहिए, क्योंकि इससे फर्क नहीं पड़ता कि मैं अच्छा करूं या नहीं।”रिया ने आगे कहा कि अब उन्हें खुशी है कि उन्होंने हां कह दिया। सात सालों में ज़िंदगी बहुत बदल गई है, लेकिन सेट पर लौटना साइकिल चलाने जैसा लगा, जिसे इंसान कभी नहीं भूलता। कोई भी मेरे साथ काम नहीं करना चाहता था: रियारिया ने बताया कि काम से ब्रेक उन्होंने अपनी मर्जी से नहीं लिया था। उन्होंने कहा, “मुझे मजबूरी में रुकना पड़ा, और यह दौर तकलीफ और दर्द से भरा था। जो कुछ हुआ, उसके तुरंत बाद शायद मैं इमोशनली, मेंटली या फिजिकली रूप से तैयार भी नहीं थी। वो साल, जब कोई भी मेरे साथ काम नहीं करना चाहता था, बेहद दर्दनाक थे। भगवान और यह दुनिया हम सबको मुश्किलों से लड़ने की ताकत देते हैं, बस हमें उसे पहचानना होता है। अगर मेरे दोस्त और परिवार मेरे साथ न होते, तो शायद मैं इस दौर से इस तरह बाहर नहीं आ पाती।” एक्टिंग में वापसी के अलावा रिया ने उन महिलाओं के बारे में भी इमोशनल होकर बात की, जिन्होंने उनके सबसे मुश्किल वक्त में उनका साथ दिया। उन्होंने कहा, “मेरी गर्ल फ्रेंड्स ने मुझे सच्ची दोस्ती का मतलब दिखाया है। बिना किसी वजह के प्यार मिलना और उनके साथ खड़े रहने के कारण उनके काम और करियर पर असर पड़ना, यह बहुत बड़ी बात है।” रिया ने सिंगर और एक्ट्रेस शिबानी दांडेकर को अपनी बहन जैसी बताया। रिया ने यह भी बताया कि शिबानी ने पब्लिकली उन्हें सपोर्ट करने की वजह से कुछ ब्रांड एंडोर्समेंट खो दिए थे, जिसके बारे में उन्हें बाद में पता चला। रिया ने कहा, “मैं खुशकिस्मत हूं कि मेरी ज़िंदगी में ऐसी महिलाएं हैं, जो एक-दूसरे को आगे बढ़ाती हैं। एक तरफ मैंने इंसानियत का सबसे बुरा रूप देखा, तो दूसरी तरफ उसका सबसे खूबसूरत रूप भी महसूस किया।”
अनटाइटल्ड मूवी:‘कॉकटेल 2' के बाद एक और फिल्म करेंगे शाहिद-रश्मिका
शाहिद कपूर और रश्मिका मंदाना आगामी फिल्म ‘कॉकटेल 2' से चर्चा में है, जिसकी शूटिंग हाल ही में पूरी हुई। कृति सेनन भी फिल्म का हिस्सा हैं। इस बीच हालिया जानकारी में बताया गया है कि शाहिद और रश्मिका एक अन्य फिल्म के लिए भी साथ आ रहे हैं। दोनों से जब बिना टाइटल वाली आगामी फिल्म के लिए बातचीत की गई तो उन्होंने तुरंत हामी भर दी। रोमांस और कॉमेडी का मिश्रण होगी फिल्म रिपोर्ट्स के मुताबिक शाहिद और रश्मिका ‘बधाई हो' और ‘मैदान' के निर्देशक अमित रविंद्रनाथ शर्मा की अगली फिल्म में साथ नजर आएंगे। यह अनाम फिल्म रोमांस और कॉमेडी का एक नया मिश्रण पेश करने का वादा करती है, जिसका निर्माण सुनीर खेत्रपाल, वर्मिलियन वर्ल्ड बैनर के तहत जियो स्टूडियोज के सहयोग से किया जाएगा। सुनीर इससे पहले जॉन अब्राहम स्टारर ‘रॉकी हैंडसम', वरुण धवन की ‘बदला' और ‘फर्रे' जैसी फिल्मों का निर्माण कर चुके हैं। अगस्त या सितंबर से शुरू होगी शूटिंग इस रोमांटिक फिल्म की शूटिंग इसी साल अगस्त या सितंबर महीने से शुरू कर देंगे। फिलहाल अभिनेता शाहिद अपनी आगामी फिल्म ‘ओ रोमियो' के प्रचार में व्यस्त हैं जो 13 फरवरी को रिलीज हो रही है। इसके अलावा एक्टर ने अपनी वेब सीरीज फर्जी' के दूसरे सीजन को लेकर भी संकेत दे दिया है। राज और डीके द्वारा निर्मित इस सीरीज में उन्हें दोबारा सनी के किरदार में देखा जाएगा।
नितेश तिवारी के डायरेक्शन में बन रही फिल्म रामायणः पार्ट-1 लगातार बड़ी स्टारकास्टिंग से चर्चा में है। इसी बीच खबरें रहीं कि एक्टर राघव जुयाल ने विक्रांत मैस्सी को फिल्म से रिप्लेस कर दिया है। रिप्लेसमेंट की खबरों पर अब विक्रांत मैस्सी ने चुप्पी तोड़ी है। उनका कहना है कि ये खबरें बेबुनियाद हैं, क्योंकि वो पहले भी इस फिल्म का हिस्सा नहीं थे। राघव जुयाल द्वारा रिप्लेस किए जाने की खबरें सामने आने के बाद विक्रांत मैस्सी ने ऑफिशियल इंस्टाग्राम स्टोरी के स्टोरी सेक्शन में लिखा, ओके, सब साफ करने के लिए कहना चाहता हूं कि मैं कभी भी इस फिल्म का हिस्सा नहीं था। मैं नहीं हूं, और कभी था भी नहीं। इतनी गैर-जिम्मेदार मीडिया कवरेज, वो भी ‘सम्मानित’ कहे जाने वाले मीडिया हाउसों से, सच में हैरान करने वाली है। आगे एक्टर ने लिखा, फिर भी, रामायण फिल्म के लिए सभी को ढेरों शुभकामनाएं। मैं जरूर टिकट खरीदकर इसे सिनेमाघरों में देखने जाऊंगा।” विक्रांत मैस्सी ने डिलीट की पोस्ट मीडिया कवरेज पर भड़ककर की कई इस पोस्ट के महज एक घंटे बाद ही विक्रांत ने अपनी पोस्ट डिलीट कर दी है। कैसे शुरू हुईं रिप्लेसमेंट की खबरें? हाल ही में वैराइटी की रिपोर्ट में दावा किया गया था कि नितेश तिवारी की फिल्म रामायण में राघव जुयाल लंकेश रावण यानी यश के बेटे मेघानद (इंद्रजीत) का किरदार निभाएंगे। इसके बाद से ही कई मीडिया रिपोर्ट्स में दावा किया जाने लगा कि पहले ये रोल विक्रांत मैस्सी निभाने वाले थे, ऐसे में राघव जुयाल ने उन्हें रिप्लेस किया है। कैसी होगी रामायण की कास्टिंग? फिल्म रामायणः पार्ट- 1 में रणबीर कपूर, भगवान श्री राम का किरदार निभा रहे हैं, जबकि एक्ट्रेस साई पल्लवी माता सीता के रोल में हैं। केजीएफ स्टार यश फिल्म में लंकेश रावण और सनी देओल भगवान हनुमान के रोल में है। वहीं एक्टर रवि दुबे लक्ष्मण का रोल निभा रहे हैं। इनके अलावा एक्ट्रेस काजल अग्रवाल मंदोदरी और रकुल प्रीत सिंह भी सूर्पणखा के रोल में होने वाली हैं। बता दें कि फिल्म रामायण 6 नवंबर को रिलीज हो रही है।
एक्ट्रेस प्रियंका चोपड़ा को हाल ही में हैदराबाद एयरपोर्ट पर स्पॉट किया गया। वे एस. एस. राजामौली की अपकमिंग फिल्म ‘वाराणसी’ की शूटिंग शेड्यूल पूरा करने के बाद रवाना हो रही थीं। एयरपोर्ट में एंट्री के दौरान उन्होंने मास्क पहना हुआ था, जिसे उन्होंने सिक्योरिटी चेक के लिए हटाया। एयरपोर्ट पर प्रियंका का ट्रैवल लुक सिंपल और रिलैक्स्ड नजर आया। उन्होंने मोनोक्रोमैटिक सफेद आउटफिट पहना था, जिसमें सफेद कार्गो ट्राउजर के साथ सफेद क्रॉप टॉप शामिल था। लुक को उन्होंने कैप और बन हेयरस्टाइल के साथ पूरा किया। शनिवार को प्रियंका ने हैदराबाद में कैब राइड का एक वीडियो इंस्टाग्राम पर शेयर किया। वीडियो में प्रियंका गाड़ी में मिले एक अजीब मास्क को देखकर हल्के-फुल्के मस्ती भरे अंदाज में दिखीं। बता दें कि प्रियंका भारत फिल्म ‘वाराणसी’ की शूटिंग के लिए आई थीं, जिसे एस. एस. राजामौली डायरेक्ट कर रहे हैं। यह एक बड़े लेवल की एक्शन-एडवेंचर फिल्म है, जिसमें महेश बाबू लीड रोल में हैं। इस फिल्म से प्रियंका भारतीय फिल्मों में वापसी कर रही हैं और फिल्म 7 अप्रैल 2027 को रिलीज होगी। फिल्म ‘द ब्लफ’ में नजर आएंगी प्रियंका प्रियंका जल्द फिल्म ‘द ब्लफ’ में नजर आएंगी, जो 25 फरवरी को अमेजन प्राइम वीडियो पर रिलीज होगी। यह फिल्म 19वीं सदी के कैरिबियन द्वीप समूह पर आधारित है। प्रियंका इसमें ‘एर्सेल बोडेन’ उर्फ ‘ब्लडी मैरी’ नाम की एक पूर्व समुद्री डाकू की भूमिका निभा रही हैं, जो अपने परिवार को बचाने के लिए अपने हिंसक अतीत का सामना करती है। यह फिल्म मूल रूप से अंग्रेजी में है, लेकिन भारत के लिए इसे हिंदी, तमिल और तेलुगु सहित कई क्षेत्रीय भाषाओं में डब किया जाएगा। इसका निर्देशन फ्रैंक ई. फ्लावर्स ने किया है और इसे एवेंजर्स फेम रूसो ब्रदर्स (AGBO) ने प्रोड्यूस किया है।
सनी देओल की मल्टीस्टारर फिल्म बॉर्डर 2, रिलीज के दो हफ्ते बाद भी बेहतरीन बॉक्स ऑफिस कलेक्शन कर रही है। फिल्म ने शुक्रवार यानी 6 फरवरी को महज 2.85 करोड़ का कलेक्शन किया था, हालांकि तीसरे वीकेंड यानी शनिवार को फिल्म की कमाई में उछाल देखने मिली और फिल्म ने 4.25 करोड़ का कलेक्शन कर लिया। शनिवार के कलेक्शन के साथ फिल्म का इंडियन बॉक्स ऑफिस कलेक्शन 385.58 करोड़ हो चुका है। फिल्म ने 16 दिनों में वर्ल्डवाइड 54 करोड़ कमाए हैं, जिसके साथ इसका वर्ल्डवाइड कलेक्शन 440 करोड़ हो चुका है। सलमान खान की सुल्तान और बजरंगी भाईजान का रिकॉर्ड टूटा इंडियन बॉक्स ऑफिस कलेक्शन के मामले में बॉर्डर 2 कई बड़ी फिल्मों को पीछे कर चुकी है। भारत में 358 करोड़ कमाई कर बॉर्डर 2, सैयारा (337 करोड़), बजरंगी भाईजान (320 करोड़), सुल्तान (300 करोड़) का रिकॉर्ड तोड़ चुकी है। फिलहाल ये भारत में सबसे ज्यादा कमाई करने वाली 13वीं फिल्म है। 2026 की सबसे बड़ी फिल्म बनी, मर्दानी 3 काफी पीछे बॉर्डर 2, वर्ल्डवाइड 440 करोड़ का कलेक्शन कर इस साल की सबसे बड़ी फिल्म बन चुकी है। बॉर्डर के बाद रानी मुखर्जी की फिल्म मर्दानी 3 रिलीज हुई थी, हालांकि फिल्म बॉक्स ऑफिस पर कोई कमाल नहीं कर सकी और 32 करोड़ रुपए ही कमा सकी है। धर्मेंद्र की इक्कीस भी इस साल रिलीज हुई है, हालांकि फिल्म बॉक्स ऑफिस पर फेल रही। ओ रोमियो की रिलीज से पड़ेगा असर शाहिद कपूर और तृप्ति डिमरी स्टारर फिल्म ओ रोमियो 13 फरवरी को रिलीज हो रही है। ट्रेलर रिलीज के बाद से ही फिल्म चर्चा में है। ऐसे में फिल्म की रिलीज के बाद बॉर्डर की कमाई रुक सकती है।
फिल्म मैरी कॉम और सीरीज द फैमिली मैन-3 में नजर आ चुके एक्टर सुनील थापा का 6 फरवरी को 68 साल की उम्र में निधन हो गया। उनके निधन की खबर मिलने के बाद मैरी कॉम एक्ट्रेस प्रियंका चोपड़ा भावुक हो गईं। उन्होंने बताया है कि जब उनके पिता का निधन हुआ, तब सुनील थापा ने उन्हें संभाला था। प्रियंका चोपड़ा ने हाल ही में फिल्म मैरी कॉम के कुछ सीन्स का वीडियो शेयर कर भावुक होकर लिखा है, आप हमेशा मेरे कोच सर रहेंगे। जब मैंने अपने पिता को खो दिया था, तब आपने मुझे संभाला। आपने मुझे प्यार दिया और कई कठिन दिनों में मेरा साथ दिया, बिना यह जाने कि आप मेरे लिए कितने मायने रखते थे। आपकी गर्मजोशी भरी झप्पी और आपकी हंसी हमेशा मेरी यादों का हिस्सा रहेंगी। आगे प्रियंका ने लिखा है, ‘बहुत कम उम्र में चले गए, लेकिन कभी भुलाए नहीं जाएंगे। उस समय आपकी दयालुता के लिए धन्यवाद, जब मैं पूरी तरह टूट चुकी थी। शांति से विश्राम करें, सुनील थापा। मेरी संवेदनाएं और प्रार्थनाएं परिवार और प्रियजनों के साथ हैं।’ एक्टर सुनील थापा के निधन का कारण कार्डियक अरेस्ट बताया जा रहा है। काठमांडू पोस्ट के अनुसार, नॉर्विक अस्पताल के चेयरपर्सन राजेंद्र बहादुर सिंह ने बताया कि सुनील थापा को बेहोशी की हालत में अस्पताल लाया गया था। शुक्रवार सुबह 7:44 बजे किए गए ईसीजी में उनकी मौत की पुष्टि हुई। सुनील थापा नेपाली एक्टर थे, जिन्होंने 300 से ज्यादा नेपाली फिल्मों के साथ-साथ कई बॉलीवुड और भोजपुरी फिल्मों में भी काम किया। फिल्म मैरी कॉम में सुनील ने कोच की भूमिका निभाई थी। इसके अलावा वो फिल्म एक दूजे के लिए (1981), खामियाजा (2019) जैसी कई फिल्मों का हिस्सा रहे हैं।
रानी मुखर्जी स्टारर फिल्म मर्दानी 3 गलत तरह पब्लिसिटी स्टंट करने के आरोप से सुर्खियों में आ गई है। दरअसल, बीते कुछ दिनों सें दिल्ली से लापता हुए करीब 800 लोगों की खबर से सनसनी मची हुई है, जिसमें 300 लड़कियां भी शामिल हैं। इसी बीच फिल्म मर्दानी 3 आई, जिसमें इसी तरह का कॉन्सेप्ट दिखाया गया। लापता लड़कियों और फिल्म में कनेक्शन होने पर लगातार दावे किए जाने लगे कि यशराज फिल्म्स ने फिल्म मर्दानी 3 प्रमोट करने के लिए लड़कियों के गायब होने की झूठी खबरों को सनसनी बनाकर बढ़ा-चढ़ा कर फैलाया। फिल्म के मेकर्स पर ये भी आरोप लगे कि उन्होंने कुछ एजेंसियों को पैसे देकर लड़कियों के लापता होने की खबरें चलवाईं, जिसे दूसरी मीडिया कंपनियों ने भी चलाया और ये खबर फैल गई। इसके बाद फिल्म मर्दानी 3 रिलीज की गई, जिसमें लड़कियों को रेस्क्यू करने की बात की गई। दिल्ली पुलिस ने ऑफिशियल सोशल मीडिया अकाउंट से भी साफ किया कि जांच में सामने आया है कि मिसिंग लड़कियों की खबरें महज पैसे देकर किया गया पब्लिसिटी स्टंट है। दिल्ली पुलिस ने लिखा है, कुछ सुरागों का पीछा करने के बाद हमें पता चला कि दिल्ली में लड़कियों के लापता होने में अचानक बढ़ोतरी को लेकर फैलाया जा रहा हंगामा पैसों के बदले किए गए प्रचार के जरिये बढ़ाया जा रहा है। दहशत फैलाकर मुनाफा कमाने की कोशिश बर्दाश्त नहीं की जाएगी, और ऐसे लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। इन दावों पर सफाई देते हुए अब यशराज फिल्म्स के स्पोक्सपर्सन ने स्क्रीन से बातचीत में कहा, यशराज फिल्म्स 50 साल पुरानी कंपनी है, जो नैतिकता और ट्रांसपेरेंट मूल सिद्धांतों पर चलती है। और उन्हीं के अनुसार काम करती है। सोशल मीडिया पर जो भी आरोप लगाए जा रहे हैं, हम उसका खंडन करते हैं। आगे स्पोक्सपर्सन कहते हैं, कहा जा रहा है कि मर्दानी 3 के प्रमोशन के लिए एक संवेदनशील मुद्दे को जानबूझकर सनसनीखेज बनाया गया, लेकिन ऐसा नहीं है। हम इसका खंडन करते हैं। हमें अपनी एथॉरिटी और संस्थाओं पर पूरा यकीन है कि वो समय आने पर सभी फैक्ट्स और सच्चाई को सामने ले आएंगे।
27 सितंबर 2018 की बात है… जब इराक की सोशल मीडिया स्टार और मॉडल तारा फारेस कार चला रही थीं, तभी अचानक एक शख्स उनकी कार के शीशे के सामने आ गया और दिनदहाड़े तीन गोलियां चला दीं। घटना के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई। तारा को जैसे-तैसे हॉस्पिटल पहुंचाया गया, लेकिन तब तक उनकी मौत हो चुकी थी। तारा का बचपन काफी रूढ़िवादी माहौल में बीता था। छोटी उम्र में उनकी शादी कर दी गई और बच्चे के जन्म के बाद भी पति का व्यवहार नहीं बदला और मार-पीट जारी रही। ऐसे में तारा ने तलाक ले लिया और अपनी नई दुनिया बनाने का फैसला किया। सोशल मीडिया के जरिए उन्होंने मॉडलिंग में कदम रखा और पहचान बनाई। अपने बेबाक अंदाज और खुले विचार रखने के कारण उन्हें लगातार धमकियां मिलने लगीं। अब सवाल यह था कि जब तारा पति से अलग हो गईं और परिवार के साथ नहीं रहती थीं, तो आखिर किसने दिनदहाड़े गोली मारकर उनकी हत्या कर दी? आज अनसुनी दास्तान के 3 चैप्टर में पढ़िए तारा फारेस की मौत की पूरी कहानी… तारा फारेस का जन्म इराक के बगदाद में हुआ था। उनके पिता इराकी ईसाई थे और मां लेबनानी शिया। तारा वहीं पली-बढ़ीं। उनका बचपन एक ऐसे माहौल में बीता जहां पारिवारिक दबाव और सामाजिक पाबंदियां बहुत सख्त थीं और कम उम्र में जबरन शादी कराई जाना आम बात थी। छोटी उम्र में ही तारा ने हिंसा और मानसिक प्रताड़ना का सामना किया। उनकी शुरुआती पढ़ाई बगदाद में हुई। साल 2002 में जब तारा 16 साल की हुईं तो उनके माता-पिता ने इस्लाम धर्म अपना लिया। परिवार और समाज की सोच आजादी के खिलाफ थी और लड़कियों पर कई तरह की पाबंदियां थीं। ऐसे में तारा की शादी कर दी गई। इतनी छोटी उम्र में शादी के कारण उनकी पढ़ाई बीच में ही रुक गई। इस शादी से तारा को कोई खुशी नहीं मिली बल्कि उन्होंने खूब प्रताड़ना झेली। उनका पति उन्हें मारता-पीटता था। आए दिन जबरदस्ती भी करता था। 17 साल की उम्र में तारा प्रेग्नेंट हो गईं, लेकिन परिवार ने यह बात बाहर किसी को नहीं बताई। इसके बाद तारा ने एक बेटे को जन्म दिया, लेकिन फिर भी पति की हिंसा जारी रही। आए दिन परिवार में झगड़े और मारपीट हुआ करती थी। इस स्थिति से निकलना तारा के लिए बिल्कुल भी आसान नहीं था। कम उम्र में शादी, घरेलू हिंसा और सामाजिक दबाव ने उन्हें पूरी तरह से तोड़ दिया था। तारा धीरे-धीरे रोज टूट रही थीं। हालांकि उनके मन में बस एक ही जुनून था कि मुझे इस स्थिति से बाहर निकलना है और अपनी नई जिंदगी शुरू करनी है। कुछ समय बाद तारा की कोशिशें काम आईं और वह उस दलदल से बाहर आ गईं। 18 की उम्र में तारा ने अपने पति को छोड़कर तलाक ले लिया। तलाक के बाद उनके पति ने न केवल तारा की निजी तस्वीरें सोशल मीडिया पर वायरल कर दीं बल्कि बेटा भी उनसे छीन लिया। तारा ने सबसे पहले खुद पर भरोसा किया और धीरे-धीरे अपनी जिंदगी को संभालना शुरू किया। दिखने में बेहद खूबसूरत तारा ने मॉडलिंग में करियर बनाने का सपना देखा। इसके लिए उन्होंने सोशल मीडिया का सहारा लिया। अपना यूट्यूब चैनल बनाया और इंस्टाग्राम पर काफी एक्टिव हो गईं। धीरे-धीरे तारा लोगों के बीच लोकप्रिय होने लगीं और उन्हें मॉडलिंग के ऑफर मिलने लगे। अपनी मेहनत और लगन से वह आर्थिक रूप से मजबूत बन गईं और यही आजादी उन्हें उनके मुश्किल दौर से बाहर निकालने में मददगार साबित हुई। तारा अब उस रिश्ते से अलग होकर खुद के पैरों पर खड़े होने की कोशिश कर रही थीं। उन्होंने सोशल मीडिया और लोकल इवेंट्स के जरिए खुद को सामने लाना शुरू किया। उनकी खूबसूरती, कॉन्फिडेंस और अलग पर्सनैलिटी ने लोगों का ध्यान खींचा। इसी पहचान के दम पर 2013 में उन्हें ब्यूटी क्वीन ऑफ बगदाद चुना गया, जो उनके करियर का टर्निंग पॉइंट साबित हुआ। इसके बाद उन्होंने मिस इराक प्रतियोगिता में हिस्सा लिया और रनर-अप रहीं। यही से तारा का मॉडलिंग करियर सही मायनों में शुरू हुआ। अब तारा सोशल मीडिया पर पहले से भी ज्यादा लोकप्रिय हो गई थीं। उन्हें सिर्फ इराक ही नहीं, बल्कि कई अन्य देशों में भी पहचान मिलने लगी। उनके उस वक्त इंस्टाग्राम पर 2.7 मिलियन फॉलोअर्स थे। उस दौरान तारा सिर्फ अपने मॉडलिंग करियर के लिए नहीं बल्कि अपनी बातों के लिए भी जानी जाती थीं। वह धर्म, कबीलाई व्यवस्था और राजनीतिक नेताओं पर बेबाकी से खुलकर बोलती थीं। एक बार उन्होंने उस आदमी के बारे में भी पोस्ट किया था जो उनसे शादी करना चाहता था। अपनी राय में तारा ने साफ कर दिया कि किसी की हिंसा या दबाव से डरना उनकी फितरत में नहीं था। उन्होंने लिखा था- मुझे ईश्वर को न मानने वाले से डर नहीं लगता, लेकिन मुझे उस इंसान से डर लगता है जो ईश्वर को साबित करने के लिए लोगों को मारता है। तारा ने अपनी बॉडी पर टैटू भी बनवाए थे। उनका मानना था कि उनकी बॉडी पर टैटू और खुले कपड़े कोई फैशन ट्रेंड नहीं थे, बल्कि उनकी सोच का ऐलान थे। इराक जैसे रूढ़िवादी समाज में जहां टैटू और आधुनिक पहनावा अक्सर सवालों के घेरे में रहता है, वहां उन्होंने इन्हें जानबूझकर अपनाया। यह न तो ध्यान खींचने की कोशिश थी और न ही किसी को उकसाने का तरीका, बल्कि उन्होंने साफ कहा था, मेरे शरीर पर अधिकार सिर्फ और सिर्फ मेरा है। टैटू मेरा आत्मसम्मान, आत्मविश्वास और आजादी की उस सोच का प्रतीक था, जिसे मैं छिपाने के बजाय खुलेआम जीना चाहती थी। तारा सोशल मीडिया पर अपने व्लॉग और वीडियो में छोटे कपड़े पहनती थीं और फैशनेबल रहती थीं। वह खुलकर अपनी जिंदगी जीती थीं और यही बात आगे चलकर तारा के लिए सबसे बड़ी मुश्किल साबित हुई, क्योंकि कई कट्टर सोच वाले लोगों को तारा का यह अंदाज बिल्कुल पसंद नहीं आ रहा था। इसी वजह से उन्हें सोशल मीडिया पर लगातार धमकियां, गालियां और नफरत भरे मैसेज मिलने लगे। कई बार उन्हें अपने कपड़ों और लाइफस्टाइल को लेकर डराया भी गया और कहा जाता था कि अगर वह नहीं बदलीं तो उन्हें मार दिया जाएगा, लेकिन इसके बावजूद तारा ने खुद को बदलने से इनकार कर दिया। इसके बाद हालात और बिगड़ते चले गए। तारा को मिल रही धमकियां धीरे-धीरे गंभीर होती गईं, लेकिन उन्होंने डरकर सोशल मीडिया छोड़ने या अपनी जिंदगी बदलने से मना कर दिया। वह खुले तौर पर कहती थीं कि हर इंसान को अपनी पसंद से जीने का हक है। 27 सिंतबर 2018 की बात है। तारा के लिए वह दिन रोज की तरह ही था। तारा उस दिन अपनी कार खुद चलाकर कहीं जा रही थीं। सड़क पर काफी भीड़ थी, तभी अचानक एक अज्ञात हमलावर तारा की कार के पास आया और उन पर ताबतोड़ गोलियां चला दीं। तारा पर यह हमला अचानक हुआ था, इसलिए उन्हें खुद को बचाने या फिर संभालने का भी कोई समय नहीं मिला। गोलियों की आवाज सुनकर सड़क पर अफरा-तफरी मच गई। देखते ही देखते वहां लोगों की भीड़ जमा हो गई। गोली लगने के बाद तारा को तुरंत अस्पताल ले जाया गया, लेकिन उनकी चोटें बहुत गंभीर थीं, जिस कारण रास्ते में ही उनकी मौत हो गई। तारा की मौत ने इराक ही नहीं, पूरी दुनिया में लोगों को झकझोर दिया। इस मामले को लेकर कई तरह की बातें फैलने लगीं। लोगों का साफ तौर पर कहना था कि तारा की हत्या की वजह उनकी आजाद जिंदगी और सोच थी, जो कुछ कट्टरपंथी लोगों को पसंद नहीं आ रही थी। सोशल मीडिया पर उनके टैटू और बोल्ड तस्वीरों को कुछ धार्मिक सोच वाले लोग गलत मानते थे और उन लोगों ने ही तारा की हत्या करवाई है। परिवार ने इस हत्या पर कहा कि तारा साहसी और स्वतंत्र सोच वाली थीं और यही उनके लिए खतरनाक साबित हुआ। सुरक्षा की कमी और कट्टरपंथियों के दबाव पर सवाल उठाए गए, लेकिन असली हमलावरों की पहचान नहीं हो सकी। कहानी यही खत्म नहीं हुई। तारा की मौत के बाद उनकी तरह जिंदगी जीने वाली दूसरी इराकी सोशल मीडिया स्टार्स को भी जान से मारने की धमकियां मिलने लगीं। इससे देश में डर और असुरक्षा का माहौल बन गया।

