बदायूं में एक सड़क हादसे में कासगंज निवासी 31 वर्षीय युवक की मौत हो गई। वह अपने बेटे के पहले जन्मदिन समारोह में शामिल होने के लिए ससुराल जा रहा था, तभी उसकी बाइक को दूध से भरे पिकअप वाहन ने टक्कर मार दी। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजकर मामले की जांच शुरू कर दी है। यह दुर्घटना कादरचौक थाना क्षेत्र के उसहैत-कादरचौक रोड पर स्थित गांव सिमरा के पास खंजन नगला मोड़ पर हुई। कासगंज जिले के सुनगढ़ी थाना क्षेत्र के शाहबाजपुर गांव निवासी रोहित भारद्वाज (31 वर्ष) अपनी बाइक से शाहजहांपुर जिले के दहेलिया गांव स्थित अपनी ससुराल जा रहे थे। कादरचौक कस्बे से आगे उसहैत रोड पर सिमरा गांव के पास खंजन नगला मोड़ पर पहुंचते ही सामने से आ रहे दूध से भरे पिकअप वाहन ने उनकी बाइक में टक्कर मार दी। इस हादसे में रोहित गंभीर रूप से घायल हो गए। सूचना मिलने पर पहुंची पुलिस ने उन्हें तत्काल कादरचौक सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती कराया। अस्पताल में चिकित्सकों ने जांच के बाद रोहित को मृत घोषित कर दिया। पुलिस ने रोहित के परिजनों को घटना की सूचना दी, जिसके बाद परिवार में शोक छा गया और बेटे के जन्मदिन की खुशियां मातम में बदल गईं। रोहित दिल्ली में डेल कंपनी में ड्राइवर के पद पर कार्यरत थे। रोहित के भाई सोनू ने बताया कि उनकी शादी 18 अप्रैल 2024 को हुई थी और उनका बेटा ससुराल में था, जिसका पहला जन्मदिन था। इसी समारोह में शामिल होने के लिए रोहित जा रहे थे। थानाध्यक्ष कादरचौक विक्रम सिंह ने बताया कि सड़क हादसे में कासगंज निवासी युवक की मौत हुई है। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। हादसे में शामिल पिकअप वाहन और उसके चालक की तलाश की जा रही है। परिजनों की तहरीर के आधार पर मुकदमा दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
मवाना रोड पर डंपर ने दूध गाड़ी को घसीटा:सलारपुर गांव के सामने हादसा, डिवाइडर पर पलटी गाड़ी; लगा जाम
मेरठ के मवाना रोड पर सलारपुर गांव के सामने बुधवार सुबह एक रेत से भरे डंपर ने दूध वाहन को टक्कर मार दी। टक्कर के बाद दूध वाहन करीब 50 मीटर तक घिसटता हुआ डिवाइडर पर पलट गया। इस हादसे के कारण सड़क पर दूध फैल गया और लंबा जाम लग गया। यह घटना उस समय हुई जब इंचौली थाना क्षेत्र के गांव खरदौनी निवासी रिजान अपनी छोटा हाथी गाड़ी में लगभग 18 दूध की कैन लेकर मेरठ स्थित प्लॉट में सप्लाई के लिए जा रहा था। सलारपुर गांव के पास सड़क किनारे खड़ी एक स्कूल बस से बचने के प्रयास में रिजान ने कट मारा, जिससे उसकी गाड़ी बराबर चल रहे डंपर से टकरा गई। टक्कर के बाद डंपर दूध वाहन को घसीटता रहा और अंततः गाड़ी डिवाइडर के बीच पलट गई। इस दौरान रिजान को मामूली चोटें आईं। हादसे के बाद डंपर चालक मौके से फरार हो गया। घटना की सूचना मिलते ही रजपुरा चौकी इंचार्ज गोपाल वर्मा मौके पर पहुंचे। उन्होंने क्रेन की मदद से क्षतिग्रस्त वाहनों को हटवाकर जाम खुलवाया। हादसे के कारण लगभग दो घंटे तक यातायात बाधित रहा। पुलिस जांच में डंपर चालक की पहचान हरियाणा के यमुनानगर निवासी साबिर के रूप में हुई है, हालांकि इस मामले में अभी तक कोई तहरीर नहीं दी गई है।
उत्तर प्रदेश सरकार ने नए बजट में विंध्य क्षेत्र के समग्र विकास के लिए महत्वपूर्ण प्रावधान किए हैं। शिक्षा, स्वास्थ्य और धार्मिक पर्यटन सुविधाओं को सुदृढ़ बनाने के उद्देश्य से विंध्याचल धाम सहित विभिन्न परियोजनाओं के लिए सैकड़ों करोड़ रुपये आवंटित किए गए हैं। बजट के अनुसार, विंध्याचल धाम के त्रिकोण पथ पर स्थित माता विंध्यवासिनी धाम, अष्टभुजा मंदिर और कालीखोह मंदिर क्षेत्र में परिक्रमा पथ और जनसुविधाओं के विकास के लिए 200 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। सड़कों का होगा चौड़ीकरण और सौंदर्यीकरण इस राशि से श्रद्धालुओं के लिए मार्गों का चौड़ीकरण और सौंदर्यीकरण किया जाएगा। साथ ही पेयजल, प्रकाश व्यवस्था, शौचालय, पार्किंग और विश्राम स्थलों जैसी मूलभूत सुविधाओं का विस्तार होगा। इसके अलावा माता विंध्यवासिनी धाम के समग्र विकास के लिए अलग से 100 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। इसे धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा देने और देश-विदेश से आने वाले श्रद्धालुओं को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। विकास कार्यों के लिए 50 करोड़ रुपए का बजट प्रस्तावित शिक्षा क्षेत्र में भी विंध्य मंडल को विशेष प्राथमिकता दी गई है। मीरजापुर, सोनभद्र और भदोही जनपदों के महाविद्यालयों को मां विंध्यवासिनी विश्वविद्यालय से संबद्ध कर दिया गया है। विश्वविद्यालय के आधारभूत ढांचे और विकास कार्यों के लिए 50 करोड़ रुपए का बजट प्रस्तावित किया गया है, जिससे स्थानीय स्तर पर उच्च शिक्षा को नई मजबूती मिलने की उम्मीद है। खिलाड़ियों को बेहतर प्रशिक्षण और संसाधन होगा उपलब्ध खेल क्षेत्र में भी सरकार ने अहम घोषणाएं की हैं। “एक मंडल, एक स्पोर्ट्स कॉलेज” योजना के तहत प्रदेश के सभी 18 मंडलों में एक-एक स्पोर्ट्स कॉलेज स्थापित किए जाएंगे। इसके साथ ही प्रत्येक मंडल में किसी एक खेल के लिए ‘सेंटर ऑफ एक्सीलेंस’ स्थापित करने की योजना है। इससे ग्रामीण और अर्धशहरी क्षेत्रों के प्रतिभाशाली खिलाड़ियों को बेहतर प्रशिक्षण और संसाधन उपलब्ध हो सकेंगे। सरकार के इन प्रावधानों को विंध्य क्षेत्र के समग्र विकास की दिशा में महत्वपूर्ण पहल माना जा रहा है। स्थानीय जनप्रतिनिधियों और नागरिकों ने बजट घोषणाओं का स्वागत करते हुए इसे क्षेत्र के लिए ऐतिहासिक कदम बताया है।
कन्नौज जिले के सौरिख थाना क्षेत्र में आगरा-लखनऊ एक्सप्रेस-वे पर एक बस में युवती से छेड़छाड़ के बाद विवाद हो गया। नशे में धुत एक युवक ने अपने साथियों को बुलाकर बस पर हमला करवा दिया। बस रुकते ही हमलावरों ने सवारियों से मारपीट शुरू कर दी, जिसके बाद ड्राइवर ने बस को भगा दिया। यह घटना सलेमपुर गांव के पास हुई। सौरिख क्षेत्र का एक युवक अपनी बहन को आगरा से दवा दिलाकर बस से लौट रहा था। उसी बस में सलेमपुर गांव का एक युवक भी सवार था, जो दिल्ली से घर लौट रहा था। आरोप है कि सलेमपुर गांव का यह युवक नशे में था और बस में बैठी युवती से अश्लील हरकतें कर रहा था। युवती के भाई ने जब इसका विरोध किया, तो नशे में धुत युवक गाली-गलौज करने लगा। इसके बाद युवती के भाई और अन्य सवारियों ने मिलकर अश्लीलता करने वाले युवक की पिटाई कर दी। कुछ देर शांत बैठने के बाद, नशे में धुत युवक ने अपने गांव के लोगों को फोन कर एक्सप्रेस-वे पर बुला लिया। करीब 25 से 30 लोग लाठी-डंडे लेकर सलेमपुर गांव के सामने एक्सप्रेस-वे पर पहुंच गए। बस के रुकते ही कुछ युवक बस के अंदर घुस आए और सवारियों से मारपीट करने लगे। स्थिति बिगड़ते देख बस ड्राइवर ने बस को तेजी से भगा दिया। इस दौरान सवारियों ने बस के अंदर ही एक हमलावर को पकड़ लिया। ड्राइवर ने बस को दो किलोमीटर दूर सौरिख टोल प्लाजा पर रोका और पकड़े गए दोनों हमलावरों (मुख्य आरोपी और बस के अंदर पकड़ा गया एक अन्य) तथा पीड़ित भाई-बहन को यूपीडा कर्मियों के हवाले कर दिया। यूपीडा कर्मी उन्हें लेकर सौरिख थाने पहुंचे। युवती ने पुलिस को तहरीर देते हुए नशे में धुत युवक और एक अन्य हमलावर के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। पुलिस ने मामला दर्ज कर पूछताछ शुरू कर दी है और आगे की तहकीकात जारी है।
इंदौर में साइलेंट अटैक से युवक की मौत:अचानक गश खाकर गिरा, पुलिस ने कराया पीएम
इंदौर बाणगंगा इलाके में एक युवक की साइलेंट अटैक से मौत हो गई। मंगलवार को वह काम के दौरान अचानक गश खाकर गिर गए थे। बुधवार को पुलिस ने पोस्टमार्टम कराया है।बाणगंगा पुलिस के मुताबिक मृतक दीपक पुत्र हरीसिंह ठाकुर निवासी भागीरथ पुरा है। दीपक को मंगलवार को घर के यहां साइलैट अटैक आ गया। उसे उपचार के लिए परिजन बीमा अस्पताल लेकर पहुंचे। लेकिन डॉक्टरो ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। दीपक निजी कंपनी में काम करता था। पुलिस ने बुधवार को पोस्टमार्टम कराया है।युवक ने खुद को मारे चाकूबाणगंगा इलाके में रहने वाले कृष्णा पुत्र महेश निवासी गोविंद कॉलोनी ने मंगलवार रात खुद को चाकू मार लिए थे। उसे गंभीर हालत में उपचार के लिए एमवायएच लेकर आए। यहां उनका उपचार चल रहा है। पुलिस के मुताबिक कृष्णा ने नशे में होने के चलते यह घटना की है। अभी उसके बयान नहीं हो पाए है।
संभल जिले में आठ वर्षीय बच्ची अपने माता-पिता के साथ जंगल से लौटते समय लापता हो गई है। घटना के 48 घंटे से अधिक समय बीत जाने के बाद भी बच्ची का कोई सुराग नहीं मिल पाया है। पुलिस की कई टीमें बच्ची की तलाश में जुटी हुई हैं। उक्त घटना संभल जनपद के थाना कैलादेवी क्षेत्र के लखनपुर गांव की है। गांव निवासी जीवाराम सोमवार शाम अपनी पत्नी और आठ वर्षीय बेटी संगीता के साथ पास के जंगल में लकड़ी बीनने गए थे। घर लौटते समय संगीता रास्ते में पीछे रह गई थी। गांव के मुख्य चौराहे पर डीजे बज रहा था, जहां कुछ ग्रामीणों ने संगीता को देखा था। इसके बाद वह अचानक लापता हो गई। देर रात तक संगीता के घर न पहुंचने पर परिजनों की चिंता बढ़ गई। परिवार और ग्रामीणों ने जंगल व आसपास के क्षेत्रों में काफी देर तक तलाश की, लेकिन बच्ची का कोई सुराग नहीं मिला। मंगलवार को जीवाराम ने कैलादेवी थाने में अपनी बेटी की गुमशुदगी की तहरीर दी। बच्ची को लापता हुए 48 घंटे से अधिक का समय हो गया है, लेकिन उसका अभी तक कोई पता नहीं चल पाया है। बच्ची के पिता जीवाराम ने अपनी बेटी की सुरक्षा को लेकर चिंता व्यक्त की है और पुलिस से जल्द से जल्द उसे बरामद करने की गुहार लगाई है। परिजन और ग्रामीण भी बच्ची की तलाश में जंगलों को खंगाल रहे हैं। बुधवार शाम 4 बजे ASP आलोक भाटी गांव पहुंचे। उन्होंने परिजनों से बातचीत कर घटना के संबंध में जानकारी ली। पुलिस टीम आसपास के क्षेत्रों में बच्ची की तलाश कर रही है और सभी संदिग्ध बिंदुओं पर जांच की जा रही है। ASP भाटी ने बताया कि पुलिस बच्ची को ढूंढने के लिए हर संभव प्रयास कर रही है और जल्द ही कोई नतीजा सामने आने की उम्मीद है।
छात्र जोड़ो अभियान में पूर्वांचल दिखाएगा दमखम:ऋषभ पांडेय बोले- वर्तमान सरकार छात्रों की आवाज दबा रही
उत्तर प्रदेश राष्ट्रीय छात्र संगठन (एनएसयूआई) पूर्वी जोन के अध्यक्ष ऋषभ पांडेय और उपाध्यक्ष संदीप पाल शनिवार को सोनभद्र पहुंचे। हिंदूवारी और चंडी होटल में कार्यकर्ताओं ने उनका स्वागत किया, जिसके बाद उन्हें रॉबर्ट्सगंज स्थित पीडब्ल्यूडी बंगले ले जाया गया। उनका आगमन ‘छात्र जोड़ो अभियान’ के तहत आयोजित कार्यक्रम के सिलसिले में हुआ। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए ऋषभ पांडेय ने प्रदेश सरकार पर छात्रों की उपेक्षा का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि छात्रसंघ चुनाव बंद कर दिए गए हैं, वहीं स्कूल-कॉलेजों में फीस वृद्धि और प्रवेश प्रक्रिया में जटिलताओं के कारण छात्रों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार छात्रों के मुद्दों पर गंभीर नहीं है। उन्होंने हालिया बजट का उल्लेख करते हुए कहा कि कुछ कॉलेजों को विश्वविद्यालय बनाने की घोषणा की गई है, जिसमें बनारस के यूपी कॉलेज का भी जिक्र है, लेकिन जमीनी स्तर पर छात्रों की समस्याएं जस की तस बनी हुई हैं। उनके अनुसार छात्र प्रवेश और फीस जमा करने जैसी मूलभूत समस्याओं में उलझे हैं, जिससे उनका भविष्य प्रभावित हो रहा है। सोनभद्र प्रभारी संदीप पाल ने कहा कि जिले के छात्रों की समस्याओं को प्रदेश अध्यक्ष अजय राय के समक्ष उठाया जाएगा। उन्होंने मेडिकल, इंजीनियरिंग और डिग्री कॉलेजों में छात्रों के साथ हो रहे कथित शोषण के खिलाफ संघर्ष जारी रखने का आश्वासन दिया। एनएसयूआई जिलाध्यक्ष अंशु गुप्ता ने बताया कि दुद्धी डिग्री कॉलेज और ओबरा डिग्री कॉलेज में पूर्व में छात्रसंघ चुनाव होते थे, जिन्हें वर्तमान सरकार ने बंद कर दिया है। उन्होंने इसे छात्रों की राजनीतिक भागीदारी सीमित करने का प्रयास बताया। उत्तर प्रदेश कांग्रेस कमेटी के सदस्य आशुतोष कुमार दुबे (आशु) ने उच्च शिक्षा की बढ़ती फीस और बढ़ती बेरोजगारी पर चिंता जताई। उन्होंने कहा कि शिक्षा प्राप्त करने के बाद भी युवाओं का भविष्य सुरक्षित नहीं दिख रहा है और बेरोजगारों की संख्या लगातार बढ़ रही है।इस कार्यक्रम में मुख्य रूप से मनोज मिश्रा, सूरज वर्मा, राहुल जैन, श्रीकांत मिश्रा, दयाराम प्रजापति, एनएसयूआई जिला उपाध्यक्ष सौम्य सोनकर, महासचिव अफजल खान, मिथिलेश पासवान, संदीप जैन, शहजाद खान, राहुल, दीपक, निगम बियार, सचिन मद्धेशिया, सुजीत गुप्ता, संदीप गुप्ता, कुलदीप मद्धेशिया, रवि पटेल, रवि गुप्ता और प्रियांशु मद्धेशिया सहित अन्य कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
मेरठ में सर्वाइकल कैंसर पर जागरूकता कार्यक्रम:एचपीवी वैक्सीन और समय पर जांच पर दिया जोर
बुधवार, 11 फरवरी को संजीवनी महिला संस्था द्वारा सर्वाइकल कैंसर जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम दोपहर 12 बजे कनोहर लाल गर्ल्स स्कूल, साकेत में आयोजित हुआ। कार्यक्रम संस्था की अध्यक्षा श्रीमती निशि जैन की अध्यक्षता में संपन्न हुआ, जबकि मुख्य वक्ता के रूप में प्रसिद्ध स्त्री रोग विशेषज्ञ डॉ. भावना जिंदल मौजूद रहीं।डॉ. भावना जिंदल ने छात्राओं और उनके अभिभावकों को सर्वाइकल कैंसर के कारण, लक्षण और बचाव के उपायों के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने कहा कि शुरुआती लक्षणों को पहचानना और समय पर जांच (स्क्रीनिंग) कराना बेहद जरूरी है। जागरूकता ही इस बीमारी से बचाव का पहला कदम है। उन्होंने एचपीवी (HPV) वैक्सीन के लाभों पर भी प्रकाश डाला और छात्राओं को नियमित स्वास्थ्य जांच के लिए प्रेरित किया। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य बालिकाओं में स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता बढ़ाना और महिलाओं को समय रहते बचाव के उपाय अपनाने के लिए प्रेरित करना रहा। अंत में उपस्थित छात्राओं ने स्वास्थ्य के प्रति सजग रहने का संकल्प लिया। कार्यक्रम में सह-सचिव श्रीमती रजनी गोयल ने प्रेस प्रतिनिधियों को आमंत्रित किया। कोषाध्यक्ष श्रीमती मनीषा मुद्रा विशेष रूप से उपस्थित रहीं। वूमेन एम्पावर्ड सेल की संयोजिका श्रीमती सीमा अग्रवाल का विशेष सहयोग रहा। स्वास्थ्य कार्यक्रम संयोजिका श्रीमती निधि जैन, पर्यावरण संयोजिका श्रीमती दीपा ऐरन तथा सेवा कार्यक्रम संयोजिका श्रीमती प्राची गुप्ता ने आयोजन में सक्रिय भूमिका निभाई। संस्था की कार्यकारिणी सदस्याओं और अन्य पदाधिकारियों ने भी कार्यक्रम को सफल बनाने में महत्वपूर्ण योगदान दिया।
मिर्जापुर में लोक निर्माण विभाग (PWD) के अधिशासी अभियंता (एक्सईएन) अमरेंद्र कांत पांडेय को टेंडर प्रक्रिया में कथित अनियमितताओं के आरोप में निलंबित कर दिया गया है। मुख्य अभियंता द्वारा की गई जांच में प्रथमदृष्टया दोषी पाए जाने के बाद यह कार्रवाई की गई। जानकारी के अनुसार, छह पुलियों के निर्माण कार्य के लिए ऑफलाइन टेंडर जारी किए गए थे। आरोप है कि 40 लाख रुपये तक की लागत वाले कार्यों में ऑफलाइन टेंडर प्रक्रिया अपनाई गई, जो नियमानुसार नहीं थी। इसके अतिरिक्त, लगभग 1 करोड़ 88 लाख रुपये के कार्यों का टेंडर कथित तौर पर एक ही ठेकेदार को दिए जाने का मामला भी सामने आया है। मामले की शिकायत के बाद मुख्य अभियंता स्तर पर जांच कराई गई। जांच में टेंडर प्रक्रिया में अनियमितता पाए जाने पर अधिशासी अभियंता अमरेंद्र कांत पांडेय को निलंबित कर दिया गया। विभागीय सूत्रों के अनुसार, मामले में आगे भी विस्तृत जांच जारी है और आवश्यकतानुसार अन्य जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ भी कार्रवाई की जा सकती है। विभागीय अधिकारियों ने बताया कि शासन की मंशा के अनुरूप पारदर्शी और ई-टेंडरिंग प्रक्रिया सुनिश्चित करना अनिवार्य है। किसी भी प्रकार की अनियमितता को गंभीरता से लिया जाएगा। इस कार्रवाई के बाद लोक निर्माण विभाग में हड़कंप की स्थिति है और अन्य कार्यों की भी समीक्षा की जा रही है। अमरेंद्र कांत पांडेय के निलंबन के बाद, जनार्दन यादव ने पीडब्ल्यूडी के निर्माण खंड-2 के अधिशासी अभियंता का कार्यभार ग्रहण किया है। यह तीसरी बार है जब विभाग ने खंड रिक्त होने पर जनार्दन यादव पर भरोसा जताया है। इससे पहले उन्होंने प्रांतीय खंड में सुनील दत्त के बाद और सीडी-2 में भी यह जिम्मेदारी संभाली थी।
राजधानी रायपुर में चाकूबाजी की घटनाएं थमने का नाम नहीं ले रही हैं। बुधवार की रात को मौदहापारा थानाक्षेत्र में मामूली विवाद के युवक पर चाकू से हमला कर दिया। घायल का नाम मोहम्मद हाशिम पुलिस द्वारा बताया जा रहा है। युवक को चाकू मारने वाले आरोपी की तलाश में पुलिस जुटी है। अब पढ़े क्या है पूरा मामला बुधवार की रात नौ बजे पुलिस को मौदहापारा में चाकूबाजी होने की सूचना मिली थी। सूचना पर पहुंची पुलिस ने परिजनों की मदद से युवक को डॉ. भीमराव अंबेडकर अस्पताल में भर्ती कराया है। युवक का उपचार जारी है। आरोपियों की शिनाख्त करने के लिए इलाके में लगे सीसीटीवी कैमरों को पुलिस खंगाल रही है।
पंडित दीनदयाल उपाध्याय के बलिदान दिवस को बुधवार को भाजपा प्रयागराज महानगर ने ‘समर्पण दिवस’ के रूप में मनाया। इस अवसर पर महानगर के सभी 15 मंडलों में उनकी प्रतिमा और चित्र पर माल्यार्पण कर श्रद्धांजलि अर्पित की गई। बालसन चौराहा स्थित पंडित दीनदयाल उपाध्याय की प्रतिमा पर भाजपा महानगर अध्यक्ष संजय गुप्ता के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं ने पुष्पांजलि अर्पित कर उन्हें नमन किया। इसके बाद सिविल लाइंस स्थित भाजपा कार्यालय में संगोष्ठी का आयोजन किया गया, जिसमें पार्टी पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने उनके विचारों और योगदान पर विस्तार से चर्चा की। 'नैतिक राजनीति और अंत्योदय के पुरोधा' संगोष्ठी में मुख्य वक्ता के रूप में पूर्व कैबिनेट मंत्री डॉ. नरेंद्र कुमार सिंह गौर ने कहा कि पंडित दीनदयाल उपाध्याय मातृभूमि के अनन्य उपासक और राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के समर्पित प्रचारक थे। उन्होंने कहा कि मूल्यों पर आधारित उनके सिद्धांत और विचार देश की हर पीढ़ी के लिए पथ-प्रदर्शक बने रहेंगे। डॉ. गौर ने कहा कि पंडित दीनदयाल ने भारतीय राजनीति को नैतिकता का आधार दिया और ‘अंत्योदय’ यानी समाज के अंतिम पायदान पर खड़े व्यक्ति के उत्थान का दर्शन प्रस्तुत किया। ‘राष्ट्रधर्म’, ‘पांचजन्य’ और ‘स्वदेश’ जैसी पत्रिकाओं के माध्यम से उन्होंने अपने वैचारिक दृष्टिकोण को व्यापक समाज तक पहुंचाया। उन्होंने सशक्त राष्ट्र निर्माण और अंतिम व्यक्ति तक विकास की रोशनी पहुंचाने का जो संदेश दिया, वह आज भी प्रासंगिक है। 'एकात्म मानववाद समग्र विकास का दर्शन' कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए महानगर अध्यक्ष संजय गुप्ता ने कहा कि पंडित दीनदयाल उपाध्याय का ‘एकात्म मानववाद’ व्यक्ति, समाज, राष्ट्र और विश्व के बीच सामंजस्य स्थापित करने वाला सिद्धांत है। यह विचारधारा धर्म, संस्कृति और भारतीयता को केंद्र में रखते हुए समग्र विकास पर बल देती है। उन्होंने कहा कि पार्टी कार्यकर्ता उनके जीवन और विचारों से प्रेरणा लेकर समाज सेवा के कार्यों में जुटे रहें। अन्य वक्ताओं ने भी रखा विचार संगोष्ठी में सतीश चंद्र अग्रवाल, भाजपा प्रदेश मंत्री अनामिका चौधरी, रणजीत सिंह, डॉ. शैलेष पांडेय, राजेंद्र मिश्र, प्रभा शंकर पांडेय, शशि वार्ष्णेय और विपुल मित्तल ने भी पंडित दीनदयाल उपाध्याय के व्यक्तित्व एवं कृतित्व पर प्रकाश डाला। कार्यक्रम का संचालन महानगर महामंत्री रवि केसरवानी ने किया, जबकि धन्यवाद ज्ञापन मुरारी लाल अग्रवाल ने प्रस्तुत किया। कार्यक्रम की जानकारी मीडिया प्रभारी पवन श्रीवास्तव ने दी। बड़ी संख्या में कार्यकर्ता रहे मौजूद इस अवसर पर महामंत्री कुंज बिहारी मिश्रा, विजय श्रीवास्तव, राजेश गोंड, प्रमोद मोदी, संजय राजन, विक्रमजीत भदौरिया, शिखा रस्तोगी, आभा सिंह, वंदना सिंह, शोभिता श्रीवास्तव, मनोज कुशवाहा, गोपाल श्रीवास्तव, विवेक गौड़, पवन श्रीवास्तव, विवेक मिश्रा, अजय सिंह, विश्वास श्रीवास्तव, मोहित गुप्ता सहित बड़ी संख्या में पदाधिकारी और कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
सर्विस लेन पर आराम कर रहे कांवड़ियों को कार ने:पांच कावड़िए घायल, तिवारीगंज मोड़ के पास की घटना
लखनऊ के बीबीडी इलाके में तिवारीगंज मोड़ पर मंगलवार देर रात तेज रफ्तार कार ने सर्विस लेन पर आराम कर रहे कांवड़ियों की टोली को कुचल दिया। हादसे में पांच कांवड़िए गंभीर रूप से घायल हो गए। पुलिस ने सभी घायलों को लोहिया संस्थान में भर्ती कराया है। हादसे के बाद चालक मौके से फरार हो गया। बीबीडी थाने के अतिरिक्त इंस्पेक्टर अरविंद कुमार ने बताया कि कन्नौज के ठठिया थाना क्षेत्र स्थित सुमेरपुर खैरनगर किरवा गांव से कांवड़ियों की टोली अयोध्या के लिए रवाना हुई थी। मंगलवार रात यात्रा के दौरान थकान होने पर सभी तिवारीगंज मोड़ के पास सर्विस लेन पर रुककर आराम करने लगे। रात करीब ढाई बजे बाराबंकी की ओर से आ रही तेज रफ्तार मारुति 800 ने तिवारीगंज की ओर मुड़ते समय नियंत्रण खो दिया और सर्विस लेन पर सो रहे कांवड़ियों को कुचल दिया। टक्कर में अनुराग, गुड्डू, ओम श्री, देवेंद्र और अनूप गंभीर रूप से घायल हो गए। सूचना मिलते ही बीबीडी पुलिस मौके पर पहुंची और एंबुलेंस की मदद से घायलों को लोहिया संस्थान भिजवाया। पुलिस ने बताया कि आरोपी चालक की तलाश की जा रही है। आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है। कांवड़ियों ने गुरुवार को तहरीर देने की बात कही है। तहरीर मिलने के बाद मुकदमा दर्ज कर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
पन्ना जिले में अमानगंज और पवई के बीच केन नदी के पुल पर बुधवार रात बस और डंपर की जोरदार भिड़ंत हो गई। इस हादसे में दोनों ड्राइवरों समेत 24 से ज्यादा यात्री घायल हुए हैं। छतरपुर से नागपुर जा रही यात्री बस (MP 20 ZW 2578) सुबह करीब 9:30 बजे जैसे ही टेढ़ीधार पुल के बीच पहुंची, सामने से आ रहे डंपर से उसकी सीधी टक्कर हो गई। टक्कर इतनी भीषण थी कि दोनों गाड़ियों के अगले हिस्से बुरी तरह पिचक गए। रेस्क्यू और घायलों का हाल हादसे के बाद मौके पर चीख-पुकार मच गई। पुलिस और स्थानीय लोगों ने मिलकर घायलों को बाहर निकाला और अमानगंज और पवई के अस्पतालों में भर्ती कराया। जिन यात्रियों की हालत ज्यादा गंभीर थी, उन्हें प्राथमिक इलाज के बाद पन्ना जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया है। लगा लंबा जाम पुल के ठीक बीच में एक्सीडेंट होने की वजह से दोनों तरफ वाहनों की लंबी कतारें लग गईं। पुलिस ने क्रेन बुलवाकर क्षतिग्रस्त वाहनों को रास्ते से हटाने और जाम खुलवाने की कार्रवाई शुरू कर दी है।
बागपत में बेटे की शादी के दिन दरोगा की मौत:नोएडा में तैनाती थी, लंबे समय से चल रहे थे बीमार
बागपत में गंभीर बीमारी से जूझ रहे दरोगा सूर्यवीर सिंह का इलाज के दौरान मौत हो गयी। उनकी मौत उसी दिन हुई, जिस दिन उनके बेटे की शादी तय थी। जिससे घर में चल रही शादी की तैयारियां अचानक मातम में बदल गईं। मूल रूप से शामली के निवासी सूर्यवीर सिंह ग्रेटर नोएडा में तैनात थे और बागपत में रह रहे थे। वे लंबे समय से बीमार चल रहे थे और सर्वोदिया अस्पताल में उनका इलाज हो रहा था। अचानक तबीयत बिगड़ने पर उनका निधन हो गया। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भिजवाया और बाद में परिजनों को सौंप दिया। परिवार में दो बेटे हैं। जिनमें से एक की शादी बुधवार को होनी थी। दरोगा की मौत से परिजन गहरे सदमे में हैं।
बजरी लीज निरस्त करने की मांग:10 गांवों के ग्रामीणों का धरना जारी, उग्र आंदोलन की चेतावनी
मेसिया ग्राम पंचायत में बजरी खनन लीज को रद्द करने की मांग को लेकर आसपास के 10 गांवों के ग्रामीणों का धरना-प्रदर्शन लगातार जारी है। किसानों ने चेतावनी दी है कि जब तक बजरी खनन की लीज निरस्त नहीं की जाती, तब तक उनका आंदोलन जारी रहेगा। धरना स्थल पर मौजूद समाजसेवी गौतम पहलवान ने बताया कि क्षेत्र के अधिकांश परिवार खेती और पशुपालन पर निर्भर हैं। बजरी खनन जारी रहने से जल स्रोतों पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ेगा, जिससे भविष्य में जल संकट और आर्थिक संकट गहराने की आशंका है। उन्होंने यह भी कहा कि खनन गतिविधियों से पर्यावरण संतुलन बिगड़ने का खतरा है। मौके पर पहुंचे किशोर चौधरी ने भी ग्रामीणों की मांग का समर्थन किया। उन्होंने सरकार से जनहित, पर्यावरण संरक्षण और जल सुरक्षा को प्राथमिकता देने की अपील की। चौधरी ने बजरी खनन लीज को तत्काल प्रभाव से निरस्त करने की मांग की। धरना-प्रदर्शन के दौरान गौरी देवी, फतेहचंद नायक, पूरण सिंह, आरपी सिंह, पूर्व प्रधान धर्मीचंद, गंगाराम माली, एडवोकेट घनश्याम सिंगाड़िया, रणजीत कुमार, उपसरपंच सुनील काठात, देवीलाल आचार्य और जयराम सिंगाड़िया सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि उनकी मांगों पर शीघ्र निर्णय नहीं लिया गया तो आंदोलन को और उग्र किया जाएगा।
छत्तीसगढ़ के पूर्व पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) विश्वरंजन की तबीयत गंभीर बनी हुई है। उन्हें पिछले महीने बिहार की राजधानी पटना स्थित मेदांता अस्पताल में भर्ती कराया गया था, जहां एक्सपर्ट डॉक्टरों की टीम की निगरानी में उनका इलाज चल रहा है। बताया जा रहा है कि उन्हें कार्डियक संबंधी गंभीर समस्या हुई थी, जिसके बाद उन्हें अस्पताल में भर्ती करना पड़ा। जानकारी के अनुसार, कुछ दिन पहले उनके स्वास्थ्य में हल्का सुधार हुआ था। इसके बाद डॉक्टरों ने उन्हें वेंटिलेटर से हटा दिया था, लेकिन मंगलवार को अचानक तबीयत बिगड़ने पर उन्हें दोबारा वेंटिलेटर सपोर्ट पर रखना पड़ा। फिलहाल उनकी हालत क्रिटिकल बनी हुई है। अस्पताल प्रशासन का कहना है कि उनकी स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है और सभी जरूरी मेडिकल प्रोटोकॉल अपनाए जा रहे हैं। छत्तीसगढ़ के छठवें डीजीपी रहे विश्वरंजन विश्वरंजन छत्तीसगढ़ के छठवें डीजीपी रहे हैं। वर्ष 2007 में तत्कालीन डीजीपी ओपी राठौर के असामयिक निधन के बाद राज्य सरकार ने उन्हें यह जिम्मेदारी सौंपी थी। वे लगभग चार वर्षों तक इस पद पर रहे और अपने कार्यकाल के दौरान पुलिस प्रशासन में कई अहम सुधार किए। उनके नेतृत्व में कानून-व्यवस्था को मजबूत करने और नक्सल प्रभावित इलाकों में सुरक्षा व्यवस्था को सुदृढ़ करने पर विशेष ध्यान दिया गया। आईबी में भी रहे लंबे समय तक 1973 बैच के आईपीएस अधिकारी विश्वरंजन का प्रशासनिक अनुभव काफी व्यापक रहा है। मध्यप्रदेश के विभाजन के बाद उन्हें छत्तीसगढ़ कैडर मिला था, हालांकि 2007 से पहले वे कभी छत्तीसगढ़ में पदस्थ नहीं रहे थे। वे लंबे समय तक इंटेलिजेंस ब्यूरो (आईबी) में प्रतिनियुक्ति पर रहे और एडिशनल डायरेक्टर जैसे महत्वपूर्ण पद पर भी कार्य किया। उनके बीमार होने की खबर से प्रशासनिक और पुलिस महकमे में चिंता का माहौल है। सभी उनके शीघ्र स्वस्थ होने की कामना कर रहे हैं।
खेलते समय पानी से भरे गड्ढे में गिरा मासूम:कासगंज में रिक्रूट आरक्षी ने कूदकर बचाई जान
कासगंज में ड्यूटी पर तैनात एक रिक्रूट आरक्षी ने साहस और तत्परता दिखाते हुए मासूम की जान बचा ली। एटा रोड कासगंज बाइपास तिराहा स्थित सौरभ होटल के पास खेलते समय बच्चा पानी से भरे गहरे गड्ढे में गिर गया और डूबने लगा। यह पूरी घटना पास लगे सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गई है। जानकारी के अनुसार, सौरभ होटल के पास निर्माण कार्य के चलते एक गहरा गड्ढा खोदा गया था, जो बारिश के पानी से भर गया था। खेलते-खेलते एक 5 वर्षीय बच्चा अचानक उसमें गिर गया। बच्चे की चीख सुनकर आसपास के लोग मौके पर पहुंचे, लेकिन गहराई और कीचड़ के कारण कोई भी तुरंत पानी में उतरने की हिम्मत नहीं जुटा सका। इसी दौरान गश्त पर तैनात रिक्रूट आरक्षी गौरव कुमार (चेस्ट नंबर 85, टोली नंबर 03 के कमांडर) की नजर भीड़ पर पड़ी। स्थिति को गंभीर समझते हुए उन्होंने बिना एक क्षण गंवाए पानी से भरे गड्ढे में छलांग लगा दी। कड़ी मशक्कत के बाद उन्होंने बच्चे को सुरक्षित बाहर निकाला। बच्चा बेहोशी की हालत में था और उसके पेट में पानी चला गया था। आरक्षी गौरव कुमार ने मौके पर ही प्राथमिक उपचार (सीपीआर) दिया और तुरंत नजदीकी अस्पताल पहुंचाया। चिकित्सकों के अनुसार, बच्चे की हालत अब खतरे से बाहर है। पुलिस अधीक्षक अंकिता शर्मा ने आरक्षी के साहस की सराहना करते हुए कहा कि पुलिस का दायित्व केवल कानून-व्यवस्था बनाए रखना ही नहीं, बल्कि संकट में पड़े लोगों की जान बचाना भी है। बच्चे के परिजनों ने भी पुलिसकर्मी का आभार व्यक्त किया है।
देश की 10 प्रमुख ट्रेड यूनियनों और 100 से अधिक जन संगठनों के आह्वान पर 12 फरवरी को होने वाली राष्ट्रव्यापी हड़ताल के समर्थन में मंगलवार को बुढ़ापारा के कर्मचारी भवन से मशाल रैली निकाली गई। रैली में बड़ी संख्या में श्रमिक, कर्मचारी और विभिन्न संगठनों के प्रतिनिधि शामिल हुए। रैली शहर के प्रमुख मार्गों से होते हुए सभा में बदल गई। सभा में वक्ताओं ने केंद्र सरकार की चार नए श्रम कानूनों का विरोध किया। उन्होंने कहा कि इन कानूनों से मजदूरों के अधिकार कमजोर होंगे और निजीकरण को बढ़ावा मिलेगा। नेताओं का कहना था कि श्रमिक संगठनों के विरोध के बावजूद इन नियमों को लागू किया जा रहा है। हड़ताल में बढ़-चढ़कर हिस्सा लेने की अपील ट्रेड यूनियनों के संयुक्त मंच के संयोजक धर्मराज महापात्र ने कहा कि 12 फरवरी 2026 की देशव्यापी हड़ताल श्रमिकों और आम जनता के हित में है। उन्होंने प्रदेश के सभी मजदूरों और कर्मचारियों से हड़ताल में बढ़-चढ़कर हिस्सा लेने की अपील की। सभा के अंत में सभी संगठनों ने एकजुट होकर हड़ताल को सफल बनाने का संकल्प लिया। वक्ताओं ने कहा कि यह आंदोलन श्रमिकों के अधिकारों की रक्षा के लिए जरूरी है।
देश की 10 प्रमुख ट्रेड यूनियनों और 100 से अधिक जन संगठनों के आह्वान पर 12 फरवरी को होने वाली राष्ट्रव्यापी हड़ताल के समर्थन में मंगलवार को कर्मचारी भवन बुढ़ापारा से मशाल रैली निकाली गई। रैली में बड़ी संख्या में श्रमिक, कर्मचारी और विभिन्न संगठनों के प्रतिनिधि शामिल हुए। रैली शहर के प्रमुख मार्गों से होते हुए सभा में बदल गई। सभा में वक्ताओं ने केंद्र सरकार की चार नई श्रम संहिताओं का विरोध किया। उन्होंने कहा कि इन कानूनों से मजदूरों के अधिकार कमजोर होंगे और निजीकरण को बढ़ावा मिलेगा। नेताओं का कहना था कि श्रमिक संगठनों के विरोध के बावजूद इन नियमों को लागू किया जा रहा है।हड़ताल में बढ़-चढ़कर हिस्सा लेने की अपील ट्रेड यूनियनों के संयुक्त मंच के संयोजक धर्मराज महापात्र ने कहा कि 12 फरवरी 2026 की देशव्यापी हड़ताल श्रमिकों और आम जनता के हित में है। उन्होंने प्रदेश के सभी मजदूरों और कर्मचारियों से हड़ताल में बढ़-चढ़कर हिस्सा लेने की अपील की। सभा के अंत में सभी संगठनों ने एकजुट होकर हड़ताल को सफल बनाने का संकल्प लिया। वक्ताओं ने कहा कि यह आंदोलन श्रमिकों के अधिकारों की रक्षा के लिए जरूरी है।
पुलिस ने अपराध नियंत्रण पर सख्ती दिखाई:चोरी, नशा तस्करी रोकने विशेष अभियान चलेगा
जिला पुलिस अधीक्षक रतन सिंह की अध्यक्षता में बुधवार को जिला पुलिस अधीक्षक कार्यालय के सभागार में अपराध गोष्ठी का आयोजन किया गया। इस बैठक में अतिरिक्त जिला पुलिस अधीक्षक भूपेन्द्र शर्मा सहित जिले के समस्त वृत्ताधिकारी, थानाधिकारी एवं शाखा प्रभारी उपस्थित रहे। गोष्ठी में जिले में बढ़ती चोरी की घटनाओं और अवैध मादक पदार्थों की तस्करी पर विशेष रूप से समीक्षा की गई। समीक्षा के बाद, पुलिस ने इन अपराधों पर अंकुश लगाने के लिए विशेष अभियान चलाने का निर्णय लिया है। जिला पुलिस अधीक्षक ने चोरी की वारदातों पर प्रभावी अंकुश लगाने के लिए रात्रि गश्त बढ़ाने, संदिग्ध व्यक्तियों की नियमित जांच करने और पूर्व में चोरी के मामलों में शामिल अपराधियों की लगातार निगरानी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। संवेदनशील क्षेत्रों में विशेष अभियान चलाकर अपराधियों को पकड़ने पर भी जोर दिया गया। अवैध मादक पदार्थों की तस्करी पर कड़ी कार्रवाई के लिए भी निर्देश जारी किए गए। पुलिस अधीक्षक ने सभी थाना प्रभारियों को नशा तस्करों के विरुद्ध अभियान चलाकर कठोर कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित करने को कहा। इसके अतिरिक्त, सीमावर्ती क्षेत्रों और मुख्य मार्गों पर सघन चेकिंग अभियान चलाने के भी आदेश दिए गए। बैठक में अन्य महत्वपूर्ण विषयों पर भी चर्चा हुई। लंबित प्रकरणों का शीघ्र निस्तारण, वारंटों की तामीली, गुमशुदा व्यक्तियों की तलाश और महिला एवं बाल अपराध से जुड़े मामलों में विशेष संवेदनशीलता बरतने के निर्देश दिए गए। जिला पुलिस अधीक्षक रतन सिंह ने अधिकारियों को आमजन के साथ सौहार्दपूर्ण व्यवहार बनाए रखने और जनसहयोग से अपराध नियंत्रण की दिशा में प्रभावी कार्य करने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने स्पष्ट किया कि कानून-व्यवस्था बनाए रखना पुलिस की सर्वोच्च प्राथमिकता है और किसी भी प्रकार की आपराधिक गतिविधि को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
गयाजी में दो वारंटी गिरफ्तार:मारपीट के मामले में फरार चल रहे थे, पुलिस ने कोर्ट में पेश किया
गया जिले की कोंच थाना पुलिस ने बुधवार दोपहर एक विशेष अभियान के तहत लंबे समय से फरार चल रहे दो वारंटियों को गिरफ्तार किया है। इन अभियुक्तों को मारपीट और अन्य आपराधिक मामलों में संलिप्तता के आरोप में न्यायिक हिरासत में भेजा गया है। थाना प्रभारी सुदेह कुमार के नेतृत्व में की गई इस कार्रवाई में पुलिस को बड़ी सफलता मिली। ये गिरफ्तारियां अपराधियों और वारंटियों के विरुद्ध चलाए जा रहे विशेष अभियान का हिस्सा हैं। थाना प्रभारी सुदेह कुमार ने बताया कि हिचछापुर निवासी प्रवीण कुमार को कांड संख्या 64/12 के तहत गिरफ्तार किया गया। प्रवीण मारपीट के एक पुराने मामले में लंबे समय से फरार चल रहा था और अदालत ने उसके खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी किया था। इसी तरह, कोंच उपर बाजार निवासी सुनील कुमार को एएसआई सुरेश कुमार ने पुलिस बल के साथ छापेमारी कर पकड़ा। सुनील के खिलाफ भी न्यायालय से वारंट लंबित था। गिरफ्तार किए गए दोनों अभियुक्तों की चिकित्सा जांच और कोविड प्रोटोकॉल के तहत आवश्यक जांचें पूरी करने के बाद उन्हें न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है।
चूरू की तारानगर पुलिस ने साहवा सर्किल पर नाकाबंदी के दौरान तस्करी कर उत्तर प्रदेश ले जाई जा रही 14 ऊंटनियों को तस्करों के चंगुल से मुक्त कराया है। पुलिस ने इस कार्रवाई में एक ट्रक सहित तीन तस्करों को भी गिरफ्तार किया है। ऊंटनियों के मुंह और पैर रस्सियों से बांधे गए थे, जिससे वे दर्द से कराह रही थीं। तारानगर थानाधिकारी सतपाल बिश्नोई ने बताया कि पुलिस को एक आईसर ट्रक में ऊंटनियों को भरकर उत्तर प्रदेश ले जाने की सूचना मिली थी। इस पर साहवा सर्किल पर नाकाबंदी की गई। इस दौरान गौसेवक बाबूलाल और छोटूराम भी मौके पर पहुंचे। साहवा की तरफ से तेज गति से आ रहे एक आयसर ट्रक को रोका गया। ट्रक पर लगे तिरपाल को हटाने पर उसमें ऊंटनियां भरी मिलीं। उनके मुंह और पैर रस्सियों से कसकर बांधे गए थे, जिससे वे काफी पीड़ा में थीं। पुलिस ने ट्रक में सवार उत्तर प्रदेश निवासी जुबैर (25), खालिद पठान और अफजल को पशु तस्करी के आरोप में गिरफ्तार कर लिया। प्राथमिक पूछताछ में सामने आया कि इन ऊंटनियों को गोगामेड़ी, नोहर से भरकर उत्तर प्रदेश के बागपत ले जाया जा रहा था। पुलिस ने सभी ऊंटनियों को ट्रक से उतरवाकर बालाजी गौ सेवा समिति में भिजवाया है। आरोपियों के खिलाफ पशु क्रूरता निवारण अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर लिया गया है। मामले की जांच एएसआई महेश कुमार को सौंपी गई है।
बिहार राज्य खेल प्राधिकरण, पटना और पूर्वी चंपारण जिला प्रशासन, मोतिहारी के संयुक्त तत्वावधान में बुधवार को गांधी मैदान, मोतिहारी में जिला स्तरीय दिव्यांग चयन प्रतियोगिता 2025-26 का सफल आयोजन किया गया। इस प्रतियोगिता में जिले के विभिन्न प्रखंडों से आए दिव्यांग खिलाड़ियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया और अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया। कार्यक्रम का उद्घाटन जिला खेल पदाधिकारी, पूर्वी चंपारण ने किया। इस अवसर पर जिला एथलेटिक संघ के सचिव अरविंद कुमार, शारीरिक शिक्षक संघ के सचिव सुनील कुमार, भानु प्रकाश, खेल विभाग से मोहम्मद मुबाशिर, रमेश कुमार, अर्जित कुमार यादव, गौतम कुमार, मुकेश कुमार, पुष्पेंद्र ओझा, प्रखंड साधन सेवी (दिव्यांगता) तुरकौलिया अमन पांडे और ऋषि राज सहित कई गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे। अतिथियों ने खिलाड़ियों का उत्साहवर्धन करते हुए कहा कि खेल दिव्यांग प्रतिभाओं को आगे बढ़ने का एक बेहतर मंच प्रदान करता है। कुल 29 दिव्यांग खिलाड़ियों ने विभिन्न स्पर्धाओं में हिस्सा लिया प्रतियोगिता में कुल 29 दिव्यांग खिलाड़ियों ने विभिन्न स्पर्धाओं में हिस्सा लिया। खिलाड़ियों ने दौड़, थ्रो और अन्य खेल विधाओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन किया। चयन समिति द्वारा बेहतर प्रदर्शन के आधार पर खिलाड़ियों का चयन किया गया। चयनित खिलाड़ी आगामी 12 फरवरी 2026 को मुजफ्फरपुर में आयोजित होने वाली प्रमंडल स्तरीय खेलकूद प्रतियोगिता में भाग लेंगे। सभी चयनित खिलाड़ियों को बधाई दी प्रमंडल स्तर पर चयनित खिलाड़ी राज्य स्तरीय प्रतियोगिता में अपने प्रमंडल का प्रतिनिधित्व करेंगे। चयनित खिलाड़ियों में अभिनय कुमार, हरवंश कुमार, रजनीश कुमार, मानस राज, अवनीश कुमार, आनंद कुमार साहनी शामिल हैं। आयोजकों ने सभी चयनित खिलाड़ियों को बधाई दी और राज्य स्तर पर उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए शुभकामनाएं व्यक्त कीं। प्रतियोगिता के सफल आयोजन से खिलाड़ियों और उनके अभिभावकों में संतोष और उत्साह का माहौल देखा गया।
डिजिटल अपराधों पर कसा जाएगा शिकंजा:आईजी ने पुलिस को तकनीकी रूप से मजबूत करने के दिए निर्देश
पुलिस महानिरीक्षक भरतपुर रेंज कैलाश चन्द्र विश्नोई ने कहा है कि वर्तमान समय में अपराध के तरीके तेजी से बदल रहे हैं। ऐसे में पुलिस को तकनीकी रूप से सशक्त होना होगा। सोशल मीडिया और इंटरनेट के माध्यम से होने वाले अपराधों पर प्रभावी नियंत्रण पुलिस की प्रमुख प्राथमिकताओं में शामिल है। उन्होंने जोर दिया कि आमजन का भरोसा कायम रखना ही पुलिस की सबसे बड़ी जिम्मेदारी है। एक दिवसीय दौरे पर बुधवार को डीग पहुंचे रेंज आईजी विश्नोई ने जिला पुलिस अधीक्षक कार्यालय का निरीक्षण किया। उन्होंने कार्यालय की विभिन्न शाखाओं, रिकॉर्ड संधारण, प्रशासनिक ढांचे और कार्यप्रणाली की गहन समीक्षा की। इस दौरान उन्होंने पुलिस अधिकारियों के साथ अपराध समीक्षा बैठक भी की, जिसमें कानून-व्यवस्था, अपराध नियंत्रण और लंबित मामलों पर विस्तृत चर्चा की गई। आईजी ने स्पष्ट निर्देश दिए कि लंबित प्रकरणों का शीघ्र निस्तारण किया जाए। उन्होंने अवैध गतिविधियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई करने तथा पीड़ितों की शिकायतों पर बिना देरी के जांच कर प्रभावी निराकरण सुनिश्चित करने को कहा। उन्होंने अपराधों की नियमित मॉनिटरिंग करते हुए अपराधियों पर सख्त कार्रवाई के निर्देश भी दिए। साइबर अपराधों को लेकर आईजी विश्नोई ने बताया कि वर्ष 2025 में जिले में 800 से अधिक साइबर अपराध के मामले दर्ज किए गए, जिनमें लगभग साढ़े तीन हजार आरोपियों की गिरफ्तारी की गई। उन्होंने कहा कि इससे स्पष्ट है कि जिले में साइबर अपराध नियंत्रण की स्थिति में है, लेकिन लक्ष्य इसे पूरी तरह समाप्त करना है। आईजी के पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुंचने पर जवानों द्वारा उन्हें गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया। इस अवसर पर जिला पुलिस अधीक्षक ओमप्रकाश मीना सहित जिले के वरिष्ठ एवं अधीनस्थ पुलिस अधिकारी उपस्थित रहे।
कैमूर के भभुआ शहर स्थित लल्लू भाई मॉल सहित बिहार के चार ठिकानों पर बुधवार दोपहर 2:30 बजे से कर चोरी के आरोप में छापेमारी की जा रही है। इस कार्रवाई में सेल टैक्स विभाग के मुख्यालय और कैमूर सेल टैक्स विभाग की टीमें शामिल हैं। सेल टैक्स विभाग ने आरोप लगाया है कि लल्लू भाई मॉल प्रबंधन जांच में सहयोग नहीं कर रहा है। टीम के अनुसार, न तो आवश्यक डेटा उपलब्ध कराया जा रहा है और न ही कोई जानकारी दी जा रही है। छापेमारी 5 घंटे से अधिक समय से जारी है और इसके 2 घंटे और चलने की उम्मीद है। छापेमारी दल में राज्य कर उपायुक्त (मुख्यालय, पटना) कमलेश प्रसाद, राज्य कर आयुक्त (कैमूर) अभय कुमार, सतीश कुमार, उमेश कुमार दास और आशुतोष कुमार जैसे अधिकारी शामिल हैं। कैमूर जिले के राज्य कर आयुक्त अभय कुमार ने बताया कि लल्लू भाई मॉल पर जीएसटी चोरी के आरोप में छापा मारा गया है। यह प्रतिष्ठान कपड़ों के व्यवसाय से जुड़ा है। एक साथ उनके चार ठिकानों पर छापेमारी की गई है, जिनमें मुख्य व्यावसायिक स्थल आरा के अलावा औरंगाबाद और भभुआ भी शामिल हैं। आयुक्त अभय कुमार के अनुसार, प्रतिष्ठान द्वारा सही तरीके से कर का भुगतान नहीं किया गया था, जिसके चलते यह कार्रवाई की जा रही है। टीम मौके पर मौजूद कंप्यूटरों और सभी संबंधित कागजातों की गहन जांच कर रही है। जांच दोपहर 2:30 बजे से जारी है और लगभग 6 घंटे तक चलने की संभावना है। अभय कुमार ने अन्य व्यापारियों को भी संदेश दिया कि वे जीएसटी का भुगतान सही तरीके से करें और बिल या आईसीटी के माध्यम से कर भुगतान से बचें। उन्होंने चेतावनी दी कि जो व्यवसायी सही ढंग से कर का भुगतान नहीं कर रहे हैं, वे सभी विभाग के रडार पर हैं। उन्होंने यह भी कहा कि लल्लू भाई मॉल द्वारा कागजात और कंप्यूटर संबंधी जानकारी उपलब्ध न कराने के मामले में अलग से कार्रवाई की जाएगी।
DM ने फार्मर रजिस्ट्री कैंप का इंस्पेक्शन किया:अररिया में किसानों से डिजिटल पहचान बनाने की अपील की
अररिया में फार्मर रजिस्ट्री अभियान को गति देने के लिए जिलाधिकारी विनोद दूहन ने स्वयं निरीक्षण किया। उन्होंने जोगबनी स्थित कचहरी नेता जी चौक और नरपतगंज प्रखंड के पंचायत बाबूआन में आयोजित फार्मर रजिस्ट्री कैंपों का दौरा किया। निरीक्षण के दौरान डीएम ने पंजीकरण प्रक्रिया का गहन जायजा लिया। उन्होंने मौके पर उपस्थित किसानों से सीधा संवाद किया और उनसे शीघ्रता से फार्मर रजिस्ट्री कराने की अपील की। फार्मर रजिस्ट्री अब किसानों की डिजिटल पहचान बन चुकी डीएम ने बताया कि फार्मर रजिस्ट्री अब किसानों की डिजिटल पहचान बन चुकी है। इसके माध्यम से पीएम किसान सम्मान निधि, फसल बीमा, केसीसी, विभिन्न अनुदान और फसल क्षति मुआवजा जैसी योजनाओं का लाभ सीधे और पारदर्शी तरीके से मिल सकेगा। उन्होंने संबंधित विभागीय अधिकारियों को पंजीकरण कार्य में तेजी लाने के सख्त निर्देश दिए, ताकि जिले के अधिक से अधिक किसान इस डिजिटल प्लेटफॉर्म से जुड़ सकें। वर्तमान में अररिया जिले में लगभग 1.50 लाख किसानों का फार्मर रजिस्ट्री सफलतापूर्वक हो चुका है। रजिस्ट्रेशन के लिए आधार कार्ड, मोबाइल नंबर और स्वयं के नाम से जमाबंदी अनिवार्य पंजीकरण प्रक्रिया सरल और निःशुल्क है। किसान अपने पंचायत के कृषि समन्वयक, किसान सलाहकार या राजस्व कर्मचारी से संपर्क कर सकते हैं। इसके अतिरिक्त, नजदीकी कॉमन सर्विस सेंटर (CSC) या वसुधा केंद्र पर भी पंजीकरण कराया जा सकता है। तकनीकी रूप से सक्षम किसान स्वयं भी बिहार फार्मर रजिस्ट्री पोर्टल (https://bhfr.agristack.gov.in/farmer-registry-bh/#/) पर जाकर अपना पंजीकरण कर सकते हैं। रजिस्ट्रेशन के लिए आधार कार्ड, मोबाइल नंबर और स्वयं के नाम से जमाबंदी अनिवार्य है। जिला प्रशासन ने सभी किसानों से अपील की है कि वे इस अवसर का लाभ उठाएं और डिजिटल कृषि व्यवस्था से जुड़कर सरकारी योजनाओं का अधिकतम लाभ प्राप्त करें। फार्मर रजिस्ट्री न केवल किसानों की पहचान को मजबूत करेगी, बल्कि भविष्य में कृषि संबंधी सभी सहायता को एक डिजिटल छतरी के नीचे लाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।
करौली में जिला स्तरीय शिकायत निवारण अभियान के तहत बुधवार को जिला कलेक्टर नीलाभ सक्सेना ने मौके पर पहुंचकर आवंटित शिकायतों का सत्यापन किया। इस दौरान उन्होंने परिवादियों को त्वरित राहत प्रदान की। अभियान का उद्देश्य नागरिकों की संतुष्टि और प्रशासनिक जवाबदेही सुनिश्चित करना है। सहायक निदेशक लोक सेवाएं अनिल कुमार ने बताया कि मुख्यमंत्री की मंशा के अनुरूप राज्य सरकार एक प्रभावी, समयबद्ध और गुणवत्तापूर्ण शिकायत निवारण तंत्र के लिए प्रतिबद्ध है। इसी क्रम में अतिरिक्त मुख्य सचिव के निर्देशों पर जिला कलेक्टर ने तीन शिकायतों का मौके पर जाकर सत्यापन किया। जिला कलेक्टर ने संबंधित विभागों के अधिकारियों को निर्देश दिए कि परिवादियों की संतुष्टि का वीडियो संपर्क पोर्टल पर अपलोड किया जाए। जिला कलेक्टर ने कटकड़ निवासी एक शिकायतकर्ता की समस्या का समाधान किया। शिकायतकर्ता ने बताया था कि पिछले तीन वर्षों से उनके बिजली मीटर में अधिक रीडिंग आ रही थी, जिससे उन्हें ज्यादा बिल चुकाना पड़ रहा था। मौके पर जांच के बाद त्वरित कार्रवाई की गई और उन्हें राहत प्रदान की गई। साथ ही, उन्हें विभाग की सूर्य घर योजना के बारे में भी जानकारी दी गई। एक अन्य मामले में, कटकड़ निवासी छोटू नामक शिकायतकर्ता ने बताया कि उन्हें पिछले दो माह से राशन सामग्री नहीं मिल रही थी। उन्होंने अपने राशन कार्ड के बंद होने का कारण जानने और उसे पुनः चालू करने का अनुरोध किया। इस पर जिला कलेक्टर ने तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए, जिससे उन्हें भी राहत मिली। जिला कलेक्टर ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि शिकायतों का निस्तारण संवेदनशीलता और तत्परता के साथ किया जाए, ताकि आमजन को समय पर न्याय मिल सके।
संभल के गुन्नौर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) में प्रभारी चिकित्साधिकारी डॉ. राजकिशोर और समाजवादी पार्टी के विधायक रामखिलाड़ी यादव के दामाद अनिल यादव के बीच विवाद हो गया। चिकित्साधिकारी ने सरकारी काम में बाधा डालने की शिकायत पुलिस में दर्ज कराई, जिसके बाद अनिल यादव को शांतिभंग के आरोप में चालान कर एसडीएम कोर्ट में पेश किया गया। उन्हें बाद में जमानत मिल गई। यह जानकारी सामने आई है कि विधायक की बेटी डॉ. अनीता इसी अस्पताल में संविदा पर चिकित्सक के पद पर कार्यरत हैं, और उनके पति अनिल यादव एक ग्राम प्रधान हैं। विवाद बुधवार सुबह करीब 11:15 बजे शुरू हुआ, जब डॉ. राजकिशोर ने डॉ. अनीता के अस्पताल देर से पहुंचने पर आपत्ति जताई थी। आरोप है कि आपत्ति जताने के बाद डॉ. अनीता अपने पति अनिल यादव के साथ प्रभारी चिकित्साधिकारी के कक्ष में पहुंचीं। अनिल यादव ने अपनी पत्नी को अनावश्यक रूप से परेशान करने का आरोप लगाया, जिसके बाद दोनों पक्षों में तीखी नोकझोंक हुई। विवाद इतना बढ़ गया कि वे कक्ष से बाहर अस्पताल परिसर में आ गए। इस दौरान अस्पताल में इलाज कराने आए मरीज और उनके तीमारदार तमाशबीन बने रहे। करीब आधे घंटे तक स्वास्थ्य सेवाएं भी प्रभावित रहीं। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति को शांत कराया।पुलिस ने अनिल यादव को शांतिभंग के आरोप में चालान कर उपजिला मजिस्ट्रेट (एसडीएम) अवधेश कुमार सिंह की अदालत में पेश किया। शाम करीब 7 बजे उन्हें जमानत मिल गई। डॉ. राजकिशोर ने आरोप लगाया कि अनिल यादव ने उनके साथ दुर्व्यवहार किया। उन्होंने उच्चाधिकारियों को मामले से अवगत कराने की बात कही और अस्पताल में अनुशासन बनाए रखने पर जोर दिया। वहीं, डॉ. अनीता ने अपने ऊपर लगे लेटलतीफी के आरोपों को निराधार बताया और कहा कि वह समय पर सीएचसी आकर ओपीडी करती हैं। गुन्नौर एसएसआई संदीप मलिक ने बताया कि गन्नौर की सरकारी अस्पताल के प्रभारी डॉक्टर राजकिशोर की शिकायत पर अनिल यादव के विरुद्ध शांतिभंग में कार्रवाई करते हुए चालान उपजिला मजिस्ट्रेट न्यायालय के लिए किया गया।
किसानों की डिजिटल पहचान सुनिश्चित करने और उन्हें सरकारी योजनाओं का लाभ पहुँचाने के उद्देश्य से फार्मर रजिस्ट्री महाअभियान के तीसरे चरण की अवधि बढ़ा दी गई है। अब किसान 14 फरवरी तक अपना पंजीकरण करा सकेंगे। यह विस्तार सुनिश्चित करेगा कि कोई भी पात्र किसान इस महत्वपूर्ण सुविधा से वंचित न रहे। सभी किसान अपने नजदीकी सीएससी (CSC) या वसुधा केंद्र पर जाकर निःशुल्क पंजीकरण करा सकते हैं। इस अभियान का लक्ष्य किसानों को एक डिजिटल पहचान प्रदान करना है, जिससे उन्हें विभिन्न सरकारी योजनाओं का लाभ आसानी से मिल सके। लापरवाही बरतने वाले वसुधा केंद्र संचालकों का निबंधन किया रद्द जिलाधिकारी आनंद शर्मा प्रतिदिन शाम को वर्चुअल माध्यम से फार्मर रजिस्ट्री महाअभियान के तीसरे चरण के कार्यों की समीक्षा कर रहे हैं। समीक्षा के दौरान, कर्तव्यहीनता और लापरवाही बरतने वाले कई वसुधा केंद्र संचालकों का निबंधन रद्द किया गया है, जबकि कई कर्मियों के मानदेय में भी कटौती की गई है। मंगलवार तक मधुबनी जिले में लगभग 1 लाख 49 हजार 941 किसानों का फार्मर रजिस्ट्री हो चुका है। सभी वरीय अधिकारी अपने आवंटित प्रखंडों में चल रहे इस महाअभियान की प्रगति का लगातार जायजा ले रहे हैं। एग्रोस्टैक परियोजना के तहत फार्मर रजिस्ट्री कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर पूरा करने के लिए प्रखंड और पंचायत स्तर पर विभिन्न विभागों के कर्मियों को प्रतिनियुक्त किया गया है। इनमें राजस्व कर्मचारी, विशेष सर्वेक्षण कानूनगो, विशेष सर्वेक्षण अमीन, किसान सलाहकार, कार्यपालक सहायक, पंचायत रोजगार सेवक, पंचायत सचिव, विकास मित्र, आवास सहायक और आंगनवाड़ी सेविकाएं शामिल हैं। इसके अतिरिक्त, सभी प्रखंड स्तरीय पदाधिकारियों को कार्यों के अनुश्रवण हेतु पंचायत आवंटित किए गए हैं। किसान रजिस्ट्री के लिए आधार कार्ड, मोबाइल नंबर और स्वयं के नाम से जमाबंदी होना अनिवार्य है। ये दस्तावेज पंजीकरण प्रक्रिया के लिए आवश्यक हैं। फार्मर रजिस्ट्री पीएम किसान सम्मान निधि, फसल बीमा, केसीसी (किसान क्रेडिट कार्ड), सहायता अनुदान, फसल नुकसान पर वास्तविक क्षति का लाभ और अन्य सभी सरकारी योजनाओं का लाभ एक डिजिटल पहचान के साथ प्राप्त करने के लिए महत्वपूर्ण है।
हाथरस के प्रसिद्ध गीतकार डॉ. विष्णु सक्सेना की रचनाएं आज विधानसभा में वित्त मंत्री सुरेश खन्ना ने बजट प्रस्तुत करते हुए सुनाईं। यह बात पूरे जिले के लिए गर्व का विषय बन गई है।आज विधानसभा में प्रदेश के वित्त मंत्री सुरेश खन्ना ने हाथरस जिले की सिकंदराराऊ तहसील निवासी अंतरराष्ट्रीय ख्याति प्राप्त गीतकार डॉ. विष्णु सक्सेना के दो मुक्तक सदन में पढ़े। डॉ. सक्सेना अंतरराष्ट्रीय स्तर के गीतकार हैं और उन्हें कई सम्मानों से नवाजा जा चुका है। वित्त मंत्री ने पहला मुक्तक सुनाया: बात अनमोल बहुत है ये जिंदगी के लिए, बता रहा हूं फलसफा मैं हर किसी के लिए, पौंछ सकते हो तो दुखियों के पौंछ लो आंसू, न जियें आप फकत अपनी ही खुशी के लिए। इसके बाद उन्होंने दूसरा मुक्तक प्रस्तुत किया: बड़ी मुश्किल से कोई सुबह मुस्कुराती है, ग़म की हर शाम दबे पांव चली आती है, वक्त लगता ही नहीं जिंदगी बदलने में, पर बदलने में वक्त जिंदगी लग जाती है। जिले का हुआ नाम रोशन सदन में इन मुक्तकों की प्रस्तुति से साहित्य जगत और जनपद का नाम रोशन हुआ। जनपदवासियों ने इसे गौरवपूर्ण क्षण बताया है। डॉ सक्सेना प्रख्यात गीतकार हैं।
इटावा में नवविवाहिता का फंदे से लटका मिला शव:एक साल पहले हुई थी शादी, घर का गेट अंदर से बंद मिला
इटावा के थाना कोतवाली क्षेत्र के घटिया अजमत अली मोहल्ले में 20 वर्षीय नवविवाहिता की संदिग्ध हालात में फांसी लगने से मौत हो गई। महिला घर के अंदर फंदे से लटकी मिली। मोहल्ले के लोगों की सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची। दरवाजा अंदर से बंद था, जिसे खुलवाकर पुलिस ने शव को नीचे उतारा और जिला अस्पताल पहुंचाया, जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजते हुए जांच शुरू कर दी है। मृतका की पहचान मोहनी पत्नी हरिओम, निवासी मकान नंबर 328, घटिया अजमत अली के रूप में हुई है। बताया जा रहा है कि मोहल्ले के लोगों को घर के अंदर कुछ संदिग्ध स्थिति का आभास हुआ, जिसके बाद पुलिस को सूचना दी गई। सूचना मिलते ही थाना कोतवाली पुलिस और क्राइम इंस्पेक्टर मौके पर पहुंच गए। घर का गेट अंदर से बंद मिला, जिसे खुलवाकर पुलिस टीम अंदर दाखिल हुई। पुलिस ने महिला को फांसी के फंदे से उतारकर तुरंत जिला अस्पताल भिजवाया, लेकिन डॉक्टरों ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया। इसके बाद शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया। पुलिस का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट से ही मौत के असली कारणों की पुष्टि हो सकेगी। मौके पर पहुंचे सीओ सिटी अभय नारायण राय ने बताया कि महिला की शादी करीब एक साल पहले ही हुई थी। उन्होंने कहा कि महिला ने किन परिस्थितियों में यह कदम उठाया, इसकी गहराई से जांच की जा रही है। पुलिस परिजनों और आसपास के लोगों से पूछताछ कर रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
अमृतकौर अस्पताल को 15 करोड़ रुपए मंजूर:जर्जर भवन की मरम्मत, सुविधाओं के विस्तार के लिए मिली स्वीकृति
राजस्थान सरकार ने वित्त वर्ष 2026-27 के बजट में राजकीय अमृतकौर जिला अस्पताल, ब्यावर के लिए 15 करोड़ रुपए की स्वीकृति प्रदान की है। यह स्वीकृति जिला कलेक्टर कमल राम मीना द्वारा भेजे गए प्रस्ताव पर दी गई है, जिसका उद्देश्य अस्पताल के आधारभूत ढांचे को सुदृढ़ करना है। जिला कलेक्टर कमल राम मीना ने हाल ही में राजकीय अमृतकौर जिला अस्पताल का निरीक्षण किया था। इस दौरान अस्पताल के हॉल और कमरों की स्थिति जर्जर पाई गई। चिकित्सा अधिकारियों ने कलेक्टर को बताया था कि अस्पताल में तीन नए हॉल/कमरों की तत्काल आवश्यकता है, क्योंकि वर्तमान कक्षों की स्थिति संतोषजनक नहीं है। कलेक्टर ने जानकारी दी कि लगभग 70 वर्ष पुराना यह भवन अब जीर्ण-शीर्ण अवस्था में है। अस्पताल के तीन हॉल और बरामदे क्षतिग्रस्त हो चुके हैं, जिसके कारण चिकित्सकों के बैठने के लिए पर्याप्त स्थान उपलब्ध नहीं हो पा रहा है। मरीजों को भी असुविधा का सामना करना पड़ रहा है। वर्तमान में अस्पताल के तीन कमरे और एक हॉल मय बरामदा असुरक्षित घोषित किए जा चुके हैं। अस्पताल की इस गंभीर स्थिति को देखते हुए, पुराने एवं क्षतिग्रस्त हॉल व कमरों के स्थान पर नवीन हॉल मय बरामदा निर्माण, पुरानी बिल्डिंग की मरम्मत, टाइल्स कार्य, सड़क, नाली एवं सीवरेज व्यवस्था तथा जल निकासी सुधार के लिए 15 करोड़ रुपये का बजट प्रावधान स्वीकृत किया गया है। इस स्वीकृति से अस्पताल में आधारभूत सुविधाओं का विस्तार होगा, जिससे डॉक्टरों को बेहतर कार्यस्थल मिलेगा और मरीजों को गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध हो सकेंगी। अमृतकौर जिला अस्पताल से ब्यावर जिले के साथ-साथ राजसमंद, पाली एवं भीलवाड़ा के निकटवर्ती क्षेत्रों के लोग भी लाभान्वित होंगे। बजट में इस महत्वपूर्ण प्रावधान को स्वास्थ्य सेवाओं के क्षेत्र में एक सकारात्मक कदम के रूप में देखा जा रहा है।
असम के राज्यपाल लक्ष्मण प्रसाद आचार्य मध्य प्रदेश के बागेश्वर धाम में 301 कन्याओं के विवाह कार्यक्रम में शामिल होने के बाद महोबा पहुंचे। राज्यपाल ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को युगांतरकारी नेता बताते हुए उनके नेतृत्व में विकसित भारत के संकल्प को साकार होने की बात कही। राज्यपाल मध्य प्रदेश के छतरपुर जनपद स्थित बागेश्वर धाम के पीठाधीश्वर पंडित धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री के विशेष आमंत्रण पर आयोजित सामूहिक विवाह कार्यक्रम में सम्मिलित होकर लौट रहे थे। महोबा के विरमा भवन पहुँचने पर जिलाधिकारी गजल भारद्वाज और पुलिस अधीक्षक प्रबल प्रताप सिंह ने पुष्पगुच्छ भेंट कर उनका स्वागत किया। भाजपा जिलाध्यक्ष और बड़ी संख्या में कार्यकर्ताओं ने भी अपनी उपस्थिति दर्ज कराई। राज्यपाल लक्ष्मण प्रसाद आचार्य ने बागेश्वर धाम में चल रहे सेवा कार्यों की सराहना की। उन्होंने कहा कि 301 बेटियों का पिता और भाई बनकर उनके जीवन में खुशियां लाना एक अत्यंत पुनीत कार्य है। उन्होंने धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री द्वारा किए जा रहे गौ-पालन और भारतीय विद्याओं के संरक्षण को भी सराहा। उन्होंने कहा कि बागेश्वर धाम 'विकास और विरासत' को साथ लेकर चलने का एक अद्भुत उदाहरण पेश कर रहा है। महोबा से अपने पुराने संबंधों को याद करते हुए राज्यपाल ने माँ चंद्रिका देवी के दर्शन किए और पुराने मित्रों से भेंट की। उत्तर प्रदेश की प्रगति पर संतोष व्यक्त करते हुए उन्होंने कहा कि राज्य में चारों ओर बिजली, पानी और सड़कों का जाल बिछा है। इसके लिए उन्होंने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की सरकार को विशेष बधाई देते हुए कहा कि यूपी निरंतर प्रगति की ओर अग्रसर है। विपक्ष के आरोपों पर सधा हुआ जवाब देते हुए राज्यपाल ने असम की सांस्कृतिक धरोहर और विकास का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि असम माँ कामाख्या का धाम है, जहाँ महापुरुष शंकर देव और माधवदेव जैसे संतों ने सांस्कृतिक आंदोलन के जरिए प्रदेश की पहचान गढ़ी है। उन्होंने बताया कि आज प्रधानमंत्री मोदी के मार्गदर्शन में पूरा नॉर्थ ईस्ट, विशेषकर असम, रेल, सड़क और एयर कनेक्टिविटी के क्षेत्र में लंबी छलांग लगा रहा है।
दुष्कर्म में 10 साल, हत्या में आजीवन कारावास:कटिहार कोर्ट ने दो अलग-अलग मामलों में सुनाया फैसला
कटिहार कोर्ट ने दो अलग-अलग मामलों में फैसला सुनाया है। एक दुष्कर्म के मामले में दोषी को दस साल के सश्रम कारावास की सजा सुनाई गई, जबकि दूसरे हत्या के मामले में एक व्यक्ति को आजीवन कारावास दिया गया। प्रथम अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश संदीप मिश्रा की अदालत ने दुष्कर्म के आरोपी मोतिउर रहमान उर्फ मतीउर रहमान को दोषी करार दिया। आरोपी बरारी थाना अंतर्गत मोहना चांदपुर का निवासी है। अदालत ने उसे दो अलग-अलग धाराओं में दस-दस वर्ष के सश्रम कारावास की सजा सुनाई। दोषी पर दो लाख रुपये और पच्चीस हजार रुपये का अर्थदंड इसके अतिरिक्त, दोषी पर दो लाख रुपये और पच्चीस हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया गया है। अपर लोक अभियोजक राजेंद्र कुमार मिश्रा ने बताया कि अर्थदंड का भुगतान न करने पर दोषी को क्रमशः दस माह और पांच माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा। अर्थदंड की यह राशि पीड़िता को दी जाएगी। न्यायाधीश मिश्रा ने विधिक सेवा प्राधिकार के तहत पीड़िता को प्रतिकर राशि का लाभ देने का भी आदेश दिया। इस मामले में पीड़िता सहित कुल सात गवाहों की गवाही हुई थी। पीड़िता ने न्यायालय में दर्ज कराए गए मामले में बताया था कि आरोपी उसका रिश्तेदार था और घर आता-जाता था। उसने पीड़िता को अकेला पाकर दुष्कर्म किया और बाद में शादी का प्रलोभन देकर भी दुष्कर्म करता रहा, जिससे पीड़िता गर्भवती हो गई। बाद में हुई पंचायती में डीएनए टेस्ट कराने का निर्णय लिया गया था। न्यायालय के आदेश पर आरोपी का डीएनए टेस्ट कराया गया, जिसमें बच्चा उसी का पाया गया। सत्र वाद में सात गवाहों की गवाही हुई वहीं, एक अन्य मामले में कटिहार के अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश नवम महेंद्र प्रसाद यादव की अदालत ने हत्या के दोषी झोंटी मंडल को आजीवन कारावास की सजा सुनाई। झोंटी मंडल फलका थाना अंतर्गत कवलसिया का निवासी है। अदालत ने उस पर दस हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया है। अपरलोक अभियोजक सरदार यशवंत सिंह ने बताया कि इस सत्र वाद में सात गवाहों की गवाही हुई थी। सजा सुनाए जाने के बाद दोषी को न्यायिक अभिरक्षा में कटिहार जेल भेज दिया गया। क्या है पूरा मामला फलका थाना अंतर्गत कवलसिया निवासी निर्मला देवी ने फलका थाने में प्राथमिकी दर्ज कराते हुए कहा था कि उसके पति तिवारी मंडल 14 अगस्त 2023 की शाम बाजार करने बरेटा हटिया गए थे। शाम सात बजे जब वह बाजार से लौट रहे थे कि गणेशी मंडल के केला खेत के समीप एक व्यक्ति चाकू लेकर केला खेत से निकला एवं उसके पति तिवारी मंडल को सीने में मारा जिससे वह जख्मी होकर गिर गए। हल्ला पर उनके भैसुर रोहित मंडल आदि इलाज के लिए फलका स्वास्थ्य केंद्र ले गए जहां उनकी मृत्यु हो गई। बाद में पुलिस के द्वारा अनुसंधान में पाया गया कि उनकी हत्या पैसे की लेनदेन के विवाद के कारण झोटी मंडल ने की है। न्यायालय के इस निर्णय के बाद पीड़िता ने राहत की सांस लेते हुए इसे इंसाफ की जीत बताया है।
सरोजिनी नायडू जयंती पर छात्राओं को किया प्रेरित:अररिया में 'बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ' कार्यक्रम
अररिया में राष्ट्रीय महिला दिवस पर 'बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ' योजना के तहत एक कार्यक्रम आयोजित किया गया। यह आयोजन बसंतपुर के +2 उच्च मध्य विद्यालय में हुआ और महान स्वतंत्रता सेनानी सरोजिनी नायडू की जयंती को समर्पित था। कार्यक्रम की शुरुआत सरोजिनी नायडू के जीवन पर प्रकाश डालने के साथ हुई। छात्राओं को उनके स्वतंत्रता संग्राम में सक्रिय भूमिका, भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस की अध्यक्षता और महिलाओं के अधिकारों के लिए संघर्ष के बारे में बताया गया। उन्हें साहस, नेतृत्व और आत्मविश्वास की मिसाल के तौर पर प्रस्तुत किया गया। प्रधानाध्यापक और उपस्थित अधिकारियों ने छात्राओं को संबोधित करते हुए कहा कि सरोजिनी नायडू ने साबित किया कि बेटियां किसी भी क्षेत्र में पीछे नहीं हैं। उन्होंने जोर दिया कि आज की लड़कियां शिक्षा, खेल, विज्ञान, कला और नेतृत्व जैसे हर क्षेत्र में आगे बढ़ सकती हैं, जिसके लिए आत्मविश्वास, लगन और सकारात्मक सोच आवश्यक है। कार्यक्रम के दूसरे हिस्से में खेल-कूद प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया। विद्यालय परिसर में छात्राओं के लिए म्यूजिकल चेयर, पास द बॉल, 100 मीटर दौड़, लंबी कूद, ऊँची कूद और चम्मच दौड़ जैसी कई प्रतियोगिताएं आयोजित की गईं। छात्राओं ने इन प्रतियोगिताओं में उत्साहपूर्वक भाग लिया। निर्णायकों ने निष्पक्ष मूल्यांकन के बाद प्रथम, द्वितीय और तृतीय स्थान प्राप्त करने वाली प्रतिभागियों को पुरस्कार वितरित किए। अन्य सभी प्रतिभागियों को भी प्रमाण-पत्र और प्रोत्साहन पुरस्कार देकर सम्मानित किया गया। जिला पदाधिकारी के निर्देश पर आयोजित इस कार्यक्रम में अधिकारियों ने बताया कि ऐसे आयोजन बालिकाओं के शारीरिक और मानसिक विकास को बढ़ावा देते हैं। साथ ही, ये समाज में बेटियों के प्रति सकारात्मक सोच और लैंगिक समानता का संदेश भी फैलाते हैं। अधिकारियों ने इस कार्यक्रम को 'बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ' अभियान के उद्देश्यों को साकार करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम बताया। कार्यक्रम का समापन छात्राओं के चेहरों पर मुस्कान और नए सपनों के साथ हुआ।
पाली कलेक्ट्रेट के बाहर धरने पर बैठे स्टूडेंट:बोले- सभी स्टूडेंट को दूसरी कॉलेज में शिफ्ट करो
पाली कलेक्ट्रेट के बाहर बुधवार देर शाम को धापूबाई BSTCकॉलेज के स्टूडेंट धरने पर बैठ गए। उनके सहयोग में एबीवीपी के कार्यकर्ता भी धरने पर बैठे।इस दौरान स्टूडेंट ने कॉलेज प्रबंधक के साथ चल रहे विवाद को लेकर कहा कि सभी स्टूडेंट को दूसरी कॉलेज में शिफ्ट किया जाए और कॉलेज की मान्यता रद्द की जाए। पुलिस-प्रशासन को जब उनके धरने के बारे में पता चला तो वे मौके पर पहुंचे। धरना देने की इजाजत नहीं होने के चलते रात को ही उन्हें हटाया गया। मामले में स्टूडेंट ने कहा कि गुरुवार को इजाजत लेकर फिर से अपनी मांगों को लेकर धरने पर बैठेंगे।
बारां में गौवंश हत्या के विरोध में हुए शांतिपूर्ण धरने पर पुलिस लाठीचार्ज और अमानवीय व्यवहार के खिलाफ ब्राह्मण समाज ने मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के नाम एडीएम को ज्ञापन सौंपा है। ज्ञापन में घटना की उच्चस्तरीय जांच और दोषी पुलिसकर्मियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की गई है। ब्राह्मण समाज ने ज्ञापन में बताया कि प्रताप चौक, बारां पर गौसेवकों द्वारा शांतिपूर्ण धरना दिया जा रहा था। आरोप है कि पुलिस ने बिना किसी उकसावे के बर्बरतापूर्ण लाठीचार्ज किया। इस दौरान धरने में शामिल न होने वाले आम नागरिकों, एक नाबालिग बालक और अन्य व्यक्तियों पर भी बल प्रयोग किया गया, जिससे उन्हें गंभीर चोटें आईं। एक व्यक्ति के सिर पर गंभीर चोट लगने से टांके लगाने पड़े और अत्यधिक रक्तस्राव हुआ। ज्ञापन में यह भी बताया गया कि एक गौसेवक को जबरन कोतवाली ले जाकर अमानवीय व्यवहार किया गया और लाठियों से पीटा गया, जिससे उसके पैर में फ्रैक्चर हो गया। समाज ने इस कृत्य को मानवाधिकारों का उल्लंघन और विधि के शासन के विपरीत बताया है। इसके अतिरिक्त, धरने से एक दिन पूर्व एक पुलिस अधिकारी पर गौसेवकों के प्रतिनिधि को धमकी भरे फोन कॉल करने का आरोप लगाया गया है। ज्ञापन में कहा गया है कि उक्त अधिकारी लाठीचार्ज के समय घटनास्थल पर मौजूद था। ब्राह्मण समाज ने उस अधिकारी को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर निष्पक्ष जांच की मांग की है। ब्राह्मण समाज के पदाधिकारियों ने पूरे घटनाक्रम की उच्चस्तरीय, निष्पक्ष और पारदर्शी जांच की मांग की है। उन्होंने कहा कि दोषी अधिकारियों और कर्मचारियों के खिलाफ कठोर दंडात्मक कार्रवाई की जाए, ताकि भविष्य में नागरिकों के संवैधानिक अधिकारों की रक्षा सुनिश्चित हो सके। ज्ञापन सौंपते समय भगवान शर्मा, गोविंद शर्मा ठिमली, किशन शर्मा, कपिल देव शर्मा, ऋषि बल्लभ शर्मा, अंशुल व्यास, शिवशंकर शर्मा, मनोज शर्मा, आशीष शर्मा, राजेंद्र शर्मा, दीपक शर्मा, याग्नेश शर्मा, धीरज शर्मा, रवि पुजारी, निकलेश शर्मा, विक्की शर्मा, देवेन्द्र शर्मा, रविन्द्र शर्मा, अंकुर सनाढ्य, हरिश शर्मा, योगेश शर्मा और देवेंद्र तिवारी सहित कई सदस्य मौजूद रहे।
अररिया के प्रसिद्ध सुंदरनाथ धाम में आगामी महाशिवरात्रि पर्व को लेकर तैयारियां तेज हो गई हैं। 15 फरवरी से शुरू होने वाले सुंदरनाथ धाम महोत्सव और महाशिवरात्रि मेला की व्यवस्थाओं का जायजा लेने के लिए जिला पदाधिकारी विनोद दूहन और पुलिस अधीक्षक जितेन्द्र कुमार ने संयुक्त रूप से धाम परिसर का स्थलीय निरीक्षण किया। यह मेला 15 दिनों तक चलेगा, जिसमें लाखों श्रद्धालु बाबा सुंदरनाथ के दर्शन के लिए पहुंचने वाले हैं। निरीक्षण के दौरान डीएम और एसपी ने मंदिर परिसर, मुख्य प्रवेश-निकास द्वार, श्रद्धालुओं के लिए निर्धारित मार्ग, पार्किंग व्यवस्था, पीने के पानी की सुविधा, शौचालय, प्रकाश व्यवस्था और सुरक्षा के इंतजामों का गहन मूल्यांकन किया। पदाधिकारियों के साथ एक महत्वपूर्ण बैठक भी आयोजित की गई मंदिर कमिटी के सदस्यों, सीमा सुरक्षा बल के अधिकारियों और पुलिस प्रशासन के पदाधिकारियों के साथ एक महत्वपूर्ण बैठक भी आयोजित की गई। बैठक में भीड़ प्रबंधन, यातायात नियंत्रण, साफ-सफाई, पेयजल आपूर्ति, अग्निशमन और आपातकालीन चिकित्सा व्यवस्था पर विस्तृत चर्चा हुई। सभी आवश्यक प्रशासनिक तैयारियां समय पर पूरा करने का भी निर्देश जिला पदाधिकारी विनोद दूहन ने अंचलाधिकारी कुर्साकांटा को सख्त निर्देश दिया कि मेला क्षेत्र के आसपास सभी अवैध अतिक्रमणों को तुरंत हटाया जाए, ताकि श्रद्धालुओं को आने-जाने में किसी भी तरह की परेशानी न हो। उन्होंने विधि-व्यवस्था बनाए रखने के लिए सभी आवश्यक प्रशासनिक तैयारियां समय पर पूरा करने का भी निर्देश दिया। पुलिस अधीक्षक जितेन्द्र कुमार ने सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम पर जोर देते हुए कहा कि पर्याप्त संख्या में पुलिस बल तैनात किया जाएगा। पूरे परिसर में सीसीटीवी कैमरों की निगरानी बढ़ाई जाएगी और संवेदनशील स्थानों पर विशेष चौकसी रखी जाएगी। किसी भी अप्रिय घटना से निपटने के लिए त्वरित कार्रवाई टीम भी तैयार रखी जाएगी। भक्तों में इस आयोजन को लेकर उत्साह का माहौल इस अवसर पर अनुमंडल पदाधिकारी अररिया, जिला कला एवं संस्कृति पदाधिकारी, प्रखंड विकास पदाधिकारी सहित अन्य संबंधित अधिकारी मौजूद रहे। प्रशासन का प्रयास है कि इस बार का महाशिवरात्रि मेला सुव्यवस्थित, सुरक्षित और श्रद्धालुओं के लिए सुखद अनुभव वाला हो। बाबा सुंदरनाथ के भक्तों में इस आयोजन को लेकर उत्साह का माहौल है और अब सभी की निगाहें 15 फरवरी पर टिकी हुई हैं।
पाली शहर के सोजत रोड रास्ते पर बने विराट गुरु पावन धाम में बुधवार को जगद्गुरु, अध्यात्म योगी, गुरुदेव विजय शांतिसुरीश्वर की प्रतिमा की प्राण प्रतिष्ठा कार्यक्रम हुआ। जिसमें आचार्य जयानन्द सुरीश्वर,आचार्य चिदानन्द सूरीश्वर सहित अन्य संतों व साध्वी मंडल मौजूद रहे। इस अवसर पर प्रभु पार्श्वनाथ,देवी पद्मावती व माता सरस्वती की प्रतिमा प्रतिष्ठित कर विराट गुरु धाम में विराजमान की गई। आयोजन समिति के मीडिया संयोजक रितेश छाजेड़ एवं अभिषेक श्रीश्रीमाल ने बताया कि विराट गुरु धाम में आचार्य भगवंतों एवं विधिकारक जसवंत जैन ने विधि विधान से सभी क्रियाओं को सम्पन्न करवाकर प्राण प्रतिष्ठा करवाई। गुरुवार सुबह सत्तरभेदी पूजा व महामांगलिक आयोजन के साथ तीन दिवसीय प्रतिष्ठा महोत्सव सम्पन्न होगा। समिति के कमल तलेसरा एवं अभिषेक गुलेच्छा ने बताया कि प्रतिष्ठा महोत्सव में पाली, सोजत, जोधपुर, दिल्ली, अहमदाबाद, रतलाम, मुम्बई, पूना, बेंगलोर, दुबई से श्रद्धालु आए। आयोजन स्थल पर पहुंचने के लिए शहर के विभिन्न स्थानों से बसों की व्यवस्था की गई। जिसमें हजारों श्रद्धालु दर्शनार्थ पहुंचे। कार्यक्रम में शहर के विभिन्न ट्रस्टों, युवा व महिला मंडलों के पदाधिकारियों सहित श्री संघ सभा व देवका पेढ़ी के लोग मौजूद रहे। इस अवसर पर लाभार्थी परिवारों व अतिथियों का चरम मंगल विराट शान्ति निलय समकित सेवा समिति द्वारा बहुमान किया गया। आयोजन समिति द्वारा प्रत्येक पूनम को विराट गुरु धाम में भक्ति कार्यक्रम आयोजित करने का निर्णय लिया गया। प्रतिष्ठा महोत्सव के आयोजन की व्यवस्था में प्रेरणा स्तोत्र साध्वी देशना श्रीजी, साध्वी चरम श्रीजी, साध्वी नियाग श्रीजी, साधिका प्राग्भा श्रीजी, साध्वी जाग्रति श्रीजी सहित समिति संयोजक विनय कोठारी, झूमरमल भंसाली, मनीष गुलेच्छा, हितेश कर्णावट, प्रमोद कोठारी, नवीन भंसाली, अभिषेक दुग्गड़, सुमित कवाड़, नरेश बोहरा, विशाल पोरवाल, अभिषेक गुलेच्छा, कमल तलेसरा, अमित मेहता, अरुण कोटेचा, यशवंत पारख, अभिषेक श्रीश्रीमाल, पुनीत मोहनोत, उत्तमचन्द मोदी, रितेश छाजेड़ व्यवस्था में जुटे रहे।
जगदीशपुर के भागीरथपुरम में बुधवार को आयोजित कुश्ती प्रतियोगिता में देश के विभिन्न राज्यों से आए पहलवानों ने अपना दमखम दिखाया। इस प्रतियोगिता में पुरुष वर्ग में जावेद गनी ने दंगल केसरी का खिताब जीता, जबकि महिला वर्ग में खुशीपाल विजेता रहीं। प्रतियोगिता का शुभारंभ राजेश विक्रम सिंह ने फीता काटकर किया। उन्होंने विजेता पहलवान खुशीपाल का उत्साहवर्धन करते हुए उन्हें सहयोग राशि भेंट की और उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। दंगल देखने के लिए मैदान दर्शकों से खचाखच भरा रहा, और मुकाबलों को लेकर लोगों में खासा उत्साह देखने को मिला। पुरुष वर्ग के मुख्य मुकाबले में बीएसएफ जम्मू के पहलवान जावेद गनी ने शानदार प्रदर्शन करते हुए पश्चिम बंगाल के शैतान सिंह को पराजित कर 'दंगल केसरी' का खिताब अपने नाम किया। महिला पहलवान खुशी ने आकांक्षा को हराया महिला पहलवानों ने भी प्रतियोगिता में अपना दमखम दिखाया। अंतिम मुकाबले में खुशीपाल पहलवान ने आकांक्षा को शिकस्त देकर खिताब जीता। इसके अलावा, नेहा पहलवान ने झांसी की रोली पहलवान को हराया, और लखनऊ की सौम्या ने दिल्ली की नेहा को मात दी। पूरे महिला वर्ग के मुकाबलों में कानपुर की खुशीपाल का प्रदर्शन बेहतरीन रहा। प्रतियोगिता का संचालन गुड्डू पहलवान ने किया, जबकि अली रजा ने रेफरी की भूमिका निभाई और फुरकान गाजी दंगल प्रभारी रहे। इस आयोजन को सफल बनाने में जगदीशपुर पुलिस और मीडिया कर्मियों को भी सम्मानित किया गया। इस अवसर पर शिव नरेश उपाध्याय, शिवम उपाध्याय, शुभम उपाध्याय, भाजपा नेता आलोक सिंह (अली नगर), समाजसेवी यशवंत सिंह, शिवम पासी, सानू शुक्ला, शाहरुख खान और प्रभात शुक्ला सहित बड़ी संख्या में खेल प्रेमी मौजूद रहे।
लखनऊ के गुडंबा इलाके में बी-फार्मा के छात्र की संदिग्ध हालात में मौत हो गई। छात्र में अपने कमरे में अचेत अवस्था में पड़ा मिला। जिसे दरवाजा तोड़कर इलाज के लिए अस्पताल भेजा गया। जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। वहीं नाका इलाके में जीआरपी में तैनात एएसआई कमरे में पड़े मिले। पुलिस ने शवों का पोस्टमार्टम कराकर परिजनों को सौंप दिया है। तुरकईया बस्ती निवासी उमर मलिक (20) पुत्र रफीद्दीन इंटीग्रल यूनिवर्सिटी में बी-फार्मा लास्ट ईयर का छात्र था। पिता ने बताया कि यूनिवर्सिटी के पास प्राइवेट हॉस्टल में रहता था। मंगलवार को कमरे में अकेला था। तभी रूम पार्टनर मोहम्मद हबीब पहुंचा। काफी देर खटखटाने के बाद अंदर से जवाब नहीं मिला। तो पुलिस को सूचना दी। दरवाजा तोड़कर अंदर घुसे तो बिस्तर पर अचेत अवस्था में मिला। आनन फानन में उठाकर अस्पताल पहुंचाया गया। जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराकर परिजनों को सौंप दिया है। परिवार शव लेकर पैतृक घर लेकर निकल गया। वहीं प्रयागराज निवासी विजय कुमार जीआरपी में लिपिक पद पर कार्यरत थे। जीआरपी कॉलोनी चारबाग में पत्नी आरती देवी और बेटे आर्यन व सार्थक के साथ रहते थे। बुधवार को कमरे में अचेत अवस्था में पड़े मिले। इलाज के लिए सिविल अस्पताल पहुंचाया गया। जहां उनकी मौत हो गई। पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराकर परिवार को सौंप दिया है।
मोतिहारी के पताही थाना क्षेत्र में भैंस के हमले से उसके मालिक की मौत हो गई। यह घटना बेलाही राम पंचायत के मिर्जापुर गांव के वार्ड संख्या दो में हुई। मृतक की पहचान 45 वर्षीय सकल साह के रूप में की गई है। जानकारी के अनुसार, सकल साह अपनी भैंस को एक स्थान से लाकर खटाल में बांधने और चारा खिलाने की तैयारी कर रहे थे। इसी दौरान भैंस अचानक बेकाबू हो गई। भैंस ने उन्हें खदेड़कर जमीन पर पटक दिया और फिर उनके सीने व पैरों पर चढ़ गई, जिससे वे गंभीर रूप से घायल हो गए। सकल साह की मौके पर ही मौत आसपास मौजूद लोगों ने किसी तरह भैंस को काबू में किया, लेकिन तब तक सकल साह की मौके पर ही मौत हो चुकी थी। घटना की सूचना मिलने पर बड़ी संख्या में ग्रामीण घटनास्थल पर एकत्र हो गए। किसान की असामयिक मौत से परिवार में दुख का माहौल है। पंचायत के सरपंच दशरथ चौरसिया ने घटना की पुष्टि की है। उन्होंने बताया कि उनके पंचायत के एक किसान की भैंस द्वारा कुचलने से मौत हुई है। पताही थानाध्यक्ष बवन कुमार ने कहा कि उन्हें अभी तक घटना की आधिकारिक सूचना नहीं मिली है। स्थानीय चौकीदार से जानकारी ली जा रही है और सूचना मिलने के बाद आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
आजमगढ़ जिले के बरदह थाना क्षेत्र के रहने वाले एक युवक की डेड बॉडी मुंबई में समुद्र के किनारे मिलने का मामला सामने आया है। इस मामले में मृतक युवक की पत्नी ने घटना के 6 दिन बाद मामले की शिकायत दर्ज कराई है। वही मुंबई पुलिस महिला को हिरासत में लेकर मामले की छानबीन में जुट गई है। मामले की जानकारी मिलने के बाद मृतक का भाई अमित मुंबई पहुंच गया है। मृतक युवक की पहचान अनिल गौड़ के रूप में हुई है। मृतक की पत्नी पर हत्या का संदेह पुलिस की टीम ने बोरी में बंद मिले शव को अपने कब्जे में ले लिया है। मामले की जांच शुरू कर दी है। मुंबई के सांताक्रूज इलाके में सोमवार सुबह जुहू कोलीवाडा समुद्र तट के पास बोरी में बंद एक युवक का सिर कटा शव बरामद हुआ। सूचना मिलते ही पुलिस ने मौके पर पहुंचकर इलाके की घेराबंदी की और जांच शुरू की। प्राथमिक जांच में सामने आया है कि युवक की बेरहमी से हत्या कर पहचान छिपाने के इरादे से शव समुद्र में फेंका गया।29 जनवरी से हुआ था लापताजांच के दौरान शव की पहचान मलाड के मालवणी निवासी अनिल गौड (30) के रूप में हुई। जो 29 जनवरी 2026 से लापता थे। खास बात यह है कि अनिल की पत्नी ने उनकी गुमशुदगी की शिकायत छह दिन बाद 4 फरवरी को दर्ज कराई थी। शिकायत में देरी को लेकर पुलिस का संदेह गहराया है। इसके बाद पत्नी को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। पुलिस मृतक की आखिरी गतिविधियों, कॉल डिटेल्स, आर्थिक लेन-देन और पारिवारिक रिश्तों की जांच कर रही है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामला बेहद गंभीर है। जल्द ही इस खौफनाक हत्या से जुड़े अहम खुलासे हो सकते हैं। महिला का नहीं आया कोई बयानअब इस पूरे मामले में महिला का कोई बयान सामने नहीं आया है। उसने पुलिस में ही गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। शव को अपने कब्जे में लेने के बाद पुलिस की टीम ने आरोपी महिला से पूछताछ करना शुरू कर दिया है। पुलिस को आधी ही डेड बॉडी मिली है जिसमें से कर के नीचे का हिस्सा गायब बताया जा रहा है।
सिवनी जिले के कुरई में पीपरवानी-तिरोड़ी मार्ग पर बुधवार दोपहर एक सड़क हादसे में दंपती की मौत हो गई। स्कूटी के बेकाबू होकर पेड़ से टकराने के कारण यह हादसा हुआ। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पीपरवानी से लौटते समय हुआ हादसा जानकारी के अनुसार, तिरोड़ी निवासी अशोक उइके (43) अपनी पत्नी सुनीता उइके के साथ स्कूटी से पीपरवानी से अपने घर तिरोड़ी लौट रहे थे। इसी दौरान शाम करीब 4 बजे रास्ते में उनकी स्कूटी अचानक बेकाबू हो गई और सड़क किनारे खड़े एक पेड़ से जा टकराई। टक्कर इतनी जोरदार थी कि दंपती को संभलने का मौका तक नहीं मिला और वे गंभीर रूप से घायल हो गए। अस्पताल पहुंचने से पहले तोड़ा दम राहगीरों की सूचना पर कुरई थाना पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची। स्थानीय लोगों की मदद से दोनों घायलों को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र कुरई ले जाया गया, लेकिन अस्पताल पहुंचने पर डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। हादसे की खबर मिलते ही परिजनों में सदमे में है। कुरई टीआई कृपाल सिंह टेकाम ने बताया- प्रथम दृष्टया मामला वाहन के बेकाबू होने का लग रहा है। शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है, इसके बाद परिजनों को सौंप दिया जाएगा। हादसे के कारणों का पता लगाने के लिए मामले की विस्तृत जांच जारी है।
डूंगरपुर में राजस्थान आदिवासी संघ ने समाज सुधार के लिए कई कड़े फैसले लिए हैं। संघ के प्रदेश अध्यक्ष भूपत सिंह भगोरा और प्रदेश उपाध्यक्ष सुखलाल अहारी ने एक पत्रकार वार्ता में 28 सूत्रीय कार्यक्रम के तहत इन निर्णयों की जानकारी दी। इसका उद्देश्य समाज में व्याप्त कुरीतियों को समाप्त करना है। प्रदेश उपाध्यक्ष सुखलाल अहारी ने बताया कि संगठन ने समाज को नई दिशा देने के लिए काम शुरू कर दिया है। इसके तहत शादियों और अन्य आयोजनों में होने वाले अनावश्यक खर्चों पर लगाम लगाई गई है। आदिवासी समाज में अब शादी-ब्याह में अधिकतम 30 तोला चांदी और सोना ही मान्य होगा। साथ ही, नकद राशि 15,051 रुपए तय की गई है। संघ ने समाज में डीजे बजाने, बर्थडे पार्टी मनाने, रिंग सेरेमनी और साफा प्रथा पर पूर्णतः प्रतिबंध लगा दिया है। इसके अलावा, समाज में फैल रही शराब की लत को खत्म करने के लिए शादी समारोहों में शराब पर भी पाबंदी लगाने का निर्णय लिया गया है। राजस्थान आदिवासी संघ ने स्पष्ट किया है कि इन नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। यदि कोई व्यक्ति इन निर्णयों के खिलाफ जाता है, तो उस पर 51,000 रुपए का जुर्माना लगाया जाएगा और उसे समाज से बहिष्कृत करने का कदम उठाया जाएगा। हालांकि, संघ के पदाधिकारियों ने यह भी कहा कि सक्षम परिवार यदि बंद कमरे में अधिक खर्च या लेन-देन करता है, तो उस पर संघ को कोई आपत्ति नहीं है। अहारी ने बताया कि संगठन असामाजिक तत्वों और आपराधिक घटनाओं का पुरजोर विरोध करता है। आपराधिक गतिविधियों में संलिप्त पाए जाने वाले व्यक्ति के खिलाफ कड़ी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। इसके साथ ही, समाज के भविष्य को संवारने के लिए बालिका शिक्षा को बढ़ावा देने पर विशेष जोर दिया गया है। संघ के प्रदेश उपाध्यक्ष सुखलाल अहारी ने कहा कि उनका लक्ष्य समाज में फैली कुरीतियों को दूर कर एक स्वच्छ और शिक्षित आदिवासी समाज का निर्माण करना है। इसके लिए संगठन पूरी तरह प्रतिबद्ध है।
नीमच के पास गिरदौड़ा गांव में एक नाबालिग लड़की को बंधक बनाने के आरोप और उसके बाद ग्रामीणों पर हुए हमले से तनाव फैल गया है। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है और कुछ लोगों को हिरासत में लिया गया है। गांव की सरोजबाई और सुरेंद्र सोनी पर आरोप है कि उन्होंने एक नाबालिग बच्ची को बहला-फुसलाकर अपने घर में कैद कर रखा है। जब परिवार और समाज के लोगों ने बच्ची को वापस मांगा, तो आरोपियों ने उसे छोड़ने से मना कर दिया। थाने से लौट रहे लोगों पर हमला बुधवार सुबह जब ग्रामीण इस मामले की शिकायत नीमच सिटी थाने में दर्ज कराकर वापस लौट रहे थे, तभी रास्ते में आरोपियों ने उन्हें घेर लिया। ग्रामीणों का कहना है कि सरोजबाई, सुरेंद्र और उनके बेटे ने उनके साथ गाली-गलौज और हाथापाई की। आरोप है कि उनका बेटा धारदार हथियार लेकर हमला करने आया, जिससे ग्रामीणों को भागकर जान बचानी पड़ी। झूठे केस में फंसाने की धमकी शाम को दोबारा पुलिस के पास पहुंचे ग्रामीणों ने बताया कि आरोपी आए दिन विवाद करते हैं और विरोध करने पर एससी-एसटी एक्ट के तहत झूठे केस में फंसाने की धमकी देते हैं। इसी डर से गांव वाले अब तक चुप थे। पुलिस की कार्रवाई पुलिस ने ग्रामीणों की शिकायत पर मारपीट करने वालों को पकड़ लिया है और उनसे पूछताछ की जा रही है। ग्रामीणों ने मांग की है कि बच्ची को जल्द से जल्द उनके कब्जे से छुड़ाया जाए और दोषियों पर कड़ी कार्रवाई हो।
हरियाणा के सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्री कृष्ण कुमार बेदी ने सिरसा में विपक्षी दलों पर निशाना साधा। उन्होंने बुधवार को एक प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए कहा कि भाजपा पंडित दीनदयाल उपाध्याय के विचारों और अंत्योदय की अवधारणा को आत्मसात कर रही है। मंत्री बेदी सिरसा स्थित सरसाई कमल कार्यालय पहुंचे थे, जहां उन्होंने पंडित दीनदयाल उपाध्याय के समर्पण दिवस पर आयोजित एक प्रेसवार्ता को संबोधित किया। पेंशन को लेकर उठे सवालों पर प्रतिक्रिया देते हुए बेदी ने स्पष्ट किया कि हरियाणा में किसी भी पात्र व्यक्ति की पेंशन न तो काटी गई है और न ही भविष्य में काटी जाएगी। उन्होंने आरोप लगाया कि कुछ लोग राजनीतिक स्वार्थ के चलते झूठा प्रचार कर रहे हैं। नकारात्मक राजनीति कर रही कांग्रेस विपक्ष पर हमला बोलते हुए उन्होंने कहा कि कांग्रेस पार्टी लगातार नकारात्मक राजनीति कर रही है और अब तक 100 का आंकड़ा भी पार नहीं कर पाई है। मंत्री ने चेतावनी दी कि यदि कांग्रेस इसी प्रकार की नकारात्मक राजनीति करती रही, तो भविष्य में यह आंकड़ा प्राप्त करना भी उसके लिए कठिन हो जाएगा। पेंशन मामले की जांच करवा रही सरकार इनेलो के राष्ट्रीय अध्यक्ष अभय चौटाला द्वारा पेंशन को लेकर बीजेपी सरकार के खिलाफ विरोध प्रदर्शन करने के ऐलान पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि बीजेपी सरकार के पास कुछ शिकायतें आई थी, जिस पर उनके अधिकारी जांच कर रहे है। उन्होंने कहा कि सरकार के पास काफी शिकायतें आई है, जिसमें कई तरह की बातें सामने आई है कि हरियाणा में बहुत से लोग मर चुके है, लेकिन उनको भी पेंशन का लाभ मिल रहा है। जिसकी जांच सरकार और उनका विभाग कर रहा है। उन्होंने कहा कि कुछ लोगों की शिकायतें आई है कि कुछ लोगों ने आधार कार्ड में हेराफेरी करके पेंशन का लाभ लिया है, उसकी भी जांच की जा रही है। सरकारी कर्मचारियों की पत्नी भी ले रही लाभ मंत्री कृष्ण कुमार बेदी ने कहा कि कुछ शिकायतें ऐसी आई है कि कुछ कर्मचारी सरकारी विभाग से रिटायर्ड है और सरकार से पेंशन ले रहे है और उस कर्मचारी की पत्नी सरकार से पेंशन का लाभ ले रही है, जिसकी जांच उनके विभाग द्वारा की जा रही है। उन्होंने कहा कि 1 लाख 37 हजार का आंकड़ा था, जिसमें से 1 लाख लोग मृत पाए गए है। इनेलो के विरोध प्रदर्शन पर ली चुटकी इनेलो के विरोध प्रदर्शन पर चुटकी लेते हुए मंत्री बेदी ने कहा कि इनेलो को विरोध प्रदर्शन का शोक है तो वो करे कौन रोक रहा है लेकिन इनेलो के नेता जनता के बीच क्या लेकर जाएंगे। अभय चौटाला द्वारा राज्यसभा ,लोकसभा और विधायक की पेंशन बीजेपी नेताओं द्वारा लेने पर उठाए सवाल पर मंत्री कृष्ण कुमार बेदी ने कहा कि सबसे ज्यादा राजनीति में पेंशन चौटाला परिवार के लोग ही ले रहे है। सबसे पहले चौटाला परिवार पेंशन छोड़ने की बात करे। क्या राहुल गांधी से मोदी डर जाएंगे संसद में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी द्वारा पीएम नरेंद्र मोदी के नहीं आने पर मचे बवाल पर मंत्री कृष्ण कुमार बेदी ने कहा कि आज तक हमने किसके सवाल का जवाब दिया है। गांधी परिवार की चार पीढ़िया सवाल पूछते पूछते दुनिया से चली गई है, तब तो बीजेपी डरी नहीं, अब बीजेपी क्या राहुल गांधी से डर जाएगी। क्या राहुल गांधी से मोदी डर जाएंगे। बोफोर्स सहित कांग्रेस ने कई कांड किए उन्होंने कहा कि मोदी दुनिया के दिग्गज नेताओं से नहीं डरते। उन्होंने कांग्रेस के इतिहास पर सवाल उठाते हुए कहा कि बोफोर्स सहित कांग्रेस ने कई कांड किए है। आज कांग्रेस के इतिहास को देख लो, लोकसभा चुनाव में 100 का आंकड़ा भी पार नहीं कर सकी और जिस तरह की कांग्रेस की राजनीति है, तो आने वाले भविष्य में कांग्रेस का ग्राफ और नीचे गिरता जाएगा।
खगड़िया सदर विधायक बबलू कुमार मंडल लगातार विधानसभा में अपने क्षेत्र की बुनियादी और ज्वलंत समस्याओं को प्रभावी ढंग से उठा रहे हैं। उन्होंने शिक्षा से लेकर रोजगार तक के मुद्दों को सदन में रखकर खगड़िया के सर्वांगीण विकास के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दर्शाई है। बुधवार को विधायक बबलू कुमार मंडल ने मानसी प्रखंड में कॉलेज न होने की गंभीर समस्या को उठाया। उन्होंने कहा कि मानसी जैसे बड़े प्रखंड में उच्च शिक्षा संस्थान का अभाव दुर्भाग्यपूर्ण है। कॉलेज न होने के कारण गरीब और मध्यम वर्गीय परिवारों के बच्चे, विशेषकर बच्चियां, उच्च शिक्षा से वंचित रह जाते हैं। जिला मुख्यालय या अन्य शहरों में पढ़ने जाने में अत्यधिक खर्च विधायक ने बताया कि दूर-दराज स्थित जिला मुख्यालय या अन्य शहरों में पढ़ने जाने में अत्यधिक खर्च आता है, जिसे कई परिवार वहन नहीं कर पाते। नतीजतन, कई छात्र-छात्राएं बीच में ही पढ़ाई छोड़ने को मजबूर हो जाते हैं। विधायक ने सरकार से मानसी प्रखंड में शीघ्र कॉलेज निर्माण की मांग की, ताकि स्थानीय युवाओं को अपने ही क्षेत्र में उच्च शिक्षा का अवसर मिल सके और शिक्षा के कारण होने वाले पलायन पर भी रोक लगे। विधानसभा के पटल पर फुटकर विक्रेताओं की समस्या भी रखी इससे पूर्व मंगलवार को सदर विधायक ने विधानसभा के पटल पर फुटकर विक्रेताओं की समस्या भी प्रमुखता से रखी। उन्होंने कहा कि अतिक्रमण हटाए जाने के बाद फुटपाथ पर दुकान लगाकर जीवन-यापन करने वाले सैकड़ों परिवारों की रोजी-रोटी छिन गई है। ये लोग छोटे व्यवसाय पर निर्भर थे, लेकिन अब बेरोजगारी का सामना कर रहे हैं। विधायक बबलू कुमार मंडल ने सरकार से फुटकर विक्रेताओं के लिए एक स्थायी बाजार की व्यवस्था करने की मांग की। उन्होंने कहा कि इससे न केवल उन्हें सम्मानजनक ढंग से रोजगार मिलेगा, बल्कि उनकी आमदनी भी बढ़ेगी और शहर की व्यवस्था भी सुव्यवस्थित होगी। सदर विधायक बबलू कुमार मंडल ने कहा कि वे खगड़िया से जुड़ी कई अन्य गंभीर और जनहित की समस्याओं को भी विधानसभा में लगातार उठाते रहेंगे। उन्होंने खगड़िया के विकास के लिए अपनी दृढ़ संकल्पता व्यक्त की।
बालोतरा जिले के गिड़ा थाना क्षेत्र स्थित निम्बो की ढाणी में बुधवार दोपहर एक महिला और उसके दो बच्चों की टांके में डूबने से मौत हो गई। इस घटना से पूरे गांव में शोक का माहौल है। मृतकों की पहचान 6 वर्षीय अर्जुन पुत्र प्रेम कुमार और 3 वर्षीय धर्मेंद्र पुत्र प्रेम कुमार निवासी निम्बो की ढाणी के रूप में हुई है। सूचना मिलने पर गिड़ा थाना पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति का जायजा लिया। पुलिस ने मर्ग दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। खेलते समय टांके में गिरे बच्चे एएसआई करनाराम ने बताया- हीरा की ढाणी निवासी 27 वर्षीय देवी पत्नी प्रेम कुमार जाट अपने घर के पास बने टांके पर पशुओं को पानी पिला रही थीं। उनके दो छोटे बच्चे भी पास में खेल रहे थे। खेलते समय अचानक एक बच्चा संतुलन खोकर टांके में गिर गया। बच्चे को गिरता देख मां देवी उसे बचाने के लिए तुरंत टांके में उतर गईं। इसी दौरान दूसरा बच्चा भी फिसलकर टांके में जा गिरा। ग्रामीणों दोनों बच्चे और मां को बाहर निकाला महिला की चीख-पुकार सुनकर आसपास के ग्रामीण मौके पर पहुंचे। ग्रामीणों ने काफी मशक्कत के बाद तीनों को टांके से बाहर निकाला। उन्हें तत्काल सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) गिड़ा ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने जांच के बाद महिला और उनके दोनों बच्चों को मृत घोषित कर दिया। तीनों शवों का पोस्टमॉर्टम कराकर परिजनों को सौंप दिया गया। एक ही परिवार के तीन सदस्यों की मौत से पूरे गांव में मातम पसरा हुआ है। …. ये खबर भी पढ़ें: बालोतरा में यूपी के व्यक्ति की डूबने से मौत:सिटी पार्क के पास टांके में गिरा, पैर फिसलने से हुआ हादसा
केंद्रीय शिक्षा राज्यमंत्री जयंत चौधरी के उस बयान को लेकर झांसी में शिक्षकों का गुस्सा फूट पड़ा, जिसमें राइट टू एजुकेशन (RTE) के तहत सभी शिक्षकों के लिए टीईटी (शिक्षक पात्रता परीक्षा) अनिवार्य करने की बात कही गई है। इस मुद्दे को लेकर शिक्षकों ने इलाइट चौराहा पर एकजुट होकर जोरदार प्रदर्शन किया और मंत्री के बयान की प्रतियां जलाकर विरोध जताया। प्रदर्शन में शामिल शिक्षकों का कहना था कि वर्ष 2010 से पहले जिन शिक्षकों की नियुक्ति हुई, उन्होंने उस समय लागू सभी मानकों और शैक्षणिक योग्यताओं को पूरा किया था। टीईटी परीक्षा 2011 के बाद लागू की गई, इसलिए पहले से कार्यरत शिक्षकों पर इसे थोपना न्यायसंगत नहीं है। शिक्षकों ने सरकार पर आरोप लगाया कि वह उन पर जबरन टीईटी पास करने का दबाव बना रही है, जिससे उनकी नौकरी की सुरक्षा पर खतरा मंडरा रहा है। शिक्षक नेताओं ने बताया कि राष्ट्रीय अध्यक्ष दिनेश शर्मा के आह्वान पर देशभर में इसी तरह के विरोध कार्यक्रम किए जा रहे हैं। उनका कहना है कि यदि यह फैसला लागू होता है तो देश के करीब 20 लाख शिक्षक सीधे तौर पर प्रभावित होंगे, जबकि उनके परिवारों को मिलाकर यह संख्या लगभग एक करोड़ तक पहुंच सकती है।प्रदर्शनकारियों ने साफ शब्दों में कहा कि अगर सरकार ने 2010 से पहले नियुक्त शिक्षकों को टीईटी की अनिवार्यता से छूट नहीं दी, तो आंदोलन को और व्यापक रूप दिया जाएगा। जरूरत पड़ी तो देशव्यापी आंदोलन के साथ-साथ सरकार के खिलाफ अभियान और मतदान बहिष्कार जैसे कदम भी उठाए जाएंगे।शिक्षकों की मांग है कि पूर्व नियुक्त शिक्षकों को पुराने नियमों के तहत ही मान्यता दी जाए और टीईटी से मुक्त रखा जाए। प्रदर्शन के दौरान कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए मौके पर पुलिस बल तैनात रहा। शिक्षकों ने दोहराया कि मांगें पूरी होने तक उनका आंदोलन जारी रहेगा।
सोनभद्र में बीजपुर थाना क्षेत्र के मैनहवा-रजमिलान लिंक मार्ग पर सड़क हादसे में एक युवक की मौत हो गई। मृतक की पहचान नधीरा निवासी दीपू (25) पुत्र राजनारायण के रूप में हुई है। अब पढ़िए पूरी घटना… जानकारी के अनुसार, दीपू अपनी बहन और जीजा को बाइक से उनके घर रजमिलान छोड़ने गया था। उन्हें छोड़ने के बाद वह लगभग सात किलोमीटर दूर स्थित अपने ससुराल महुआदोहर लौट रहा था। गड्ढे में बाइक गिरने से हुआ हादसा इसी दौरान मैनहवा के पास एक मोड़ पर तेज रफ्तार के कारण उसकी बाइक अनियंत्रित होकर सड़क किनारे गड्ढे में जा गिरी। हादसे में दीपू गंभीर रूप से घायल हो गया। स्थानीय लोगों की मदद से उसे सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र म्योरपुर पहुंचाया गया। वहां डॉ. पल्लवी सिन्हा ने प्रारंभिक जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया। स्वास्थ्य कर्मियों ने घटना की सूचना मेमो के माध्यम से पुलिस को दे दी है। घटना की खबर मिलते ही परिजन अस्पताल पहुंचे। परिजनों ने बताया कि दीपू की शादी पिछले वर्ष ही हुई थी और उसकी दो माह की एक बच्ची भी है।
झांसी में बुधवार शाम को एक महिला अपने ससुराल के बाहर धरने पर बैठ गई। वो ससुराल में रहने आई थी, मगर सास ने घर के अंदर से ताला लगा दिया। बहू 3 महीने की बेटी को भी गोद में लिए है और ससुराल में रहने की जिद पर अड़ी है। उसका आरोप है कि पति का किसी और से अफेयर है। वो छोड़कर दूसरी शादी करना चाहता है। इसमें ससुराल वाले भी शामिल हैं। वहीं, सास का आरोप है कि बहू किसी से बात करती है। एक दिन बेटे ने मैसेज पढ लिया। जिसमें लिखा था कि तुम कहो तो पति को गोली मार देंगे। ऐसी बहू को हम नहीं रखेंगे और न ही ताला खोलेंगे। बहू ने पुलिस को फोन कर दिया। तब पुलिस मौके पर पहुंच गई, मगर सास ताला खोलने को तैयार नहीं है। पूरा मामला नवाबाद थाना क्षेत्र के नारायण बाग के पास राय विहार कॉलोनी का है। अब पूरा मामला विस्तार से पढ़िए एक साल पहले हुई थी शादी हंसारी निवासी वर्षा राय (30) ने बताया- 24 नवंबर 2024 को मेरी शादी राय विहार कॉलोनी निवासी रवि राय से हुई थी। मेरी 3 महीने की एक बेटी है। शादी के बाद मुझे एक युवती का कॉल आया और बताया कि वह रवि की पहली पत्नी है। तब सब लोगों ने गलती मानी तो मैंने कुछ नहीं कहा। आरोप है कि पति के अब किसी और से अफेयर है और वो उसी से शादी करना चाहता है। घरवाले भी उसी का साथ दे रहे हैं। मेरी बेटी हुई तो कहने लगे कि हमको बेटा चाहिए था। प्रताड़ित किया जाने लगा। लगभग डेढ़ माह पहले मैं मायके गई थी। इसके बाद पति लेने नहीं आया और उसने फोन उठाना बंद कर दिया। समझौता के बाद भाग गया पति वर्षा ने आगे बताया- जब कोई लेने नहीं आया तो सोमवार को मैं खुद ही ससुराल आ गई। आरोप है कि सभी ने मिलकर मुझे निकाल दिया। तब विश्वविद्यालय चौकी में शिकायत दी। बुधवार को पुलिस ने दोनों पक्षों को चौकी बुलाया था। वहां समझौता हुआ कि पति किराए से कमरा लेगा और हम दोनों साथ रहेंगे। चौकी से शाम को सामान उठाने के लिए घर आए तो पति छोड़कर भाग गया। यहां सास ने अंदर से ताला डाल दिया और घर में घुसने नहीं दे रही है। ऐसे में अपनी 3 महीने की बेटी को लेकर घर के बाहर धरने पर बैठी हूं। मुझे इसी घर में रहना है। बहू का किसी और से अफेयर वर्षा की सास राजकुमारी का आरोप है कि जब से शादी हुई, बहू ससुराल में नहीं रहती। 8 दिन रहकर मायके भाग जाती है। उसका किसी और से अफेयर है। एक दिन बेटे ने उसका मैसेज पढ़ लिया। जिसमें लिखा था कि तुम कहो तो पति को गोली मारने के लिए को भी तैयार हूं। तब वर्षा के घरवालों से शिकायत की और बुलाया। मगर कोई नहीं आया। मेरे बेटे की पहली शादी है। इसके अलावा कोई शादी नहीं हुई। ये झूठे आरोप लगा रही है। मैं बहू और बेटे को थाने में छोड़कर आई थी। तब बहू जाने वो कहां गया। मुझे जानकारी नहीं है। बेटा अलग किराए के मकान में बहू को रखने को तैयार है, मगर इसके लिए बहू तैयार नहीं है। बेटा आ जाए तो गेट खोल देंगे। नहीं तो गुरुवार सुबह थाने जाएंगे कि ये मुझे परेशान कर रही है। बहू शिकायत देने को तैयार नहीं विश्वविद्यालय चौकी प्रभारी निखिल का कहना है कि चौकी में वर्षा और उसका पति कहकर आए थे कि दोनों अलग रहेंगे। मगर पति छोड़कर भाग गया। बहू से शिकायत देने के लिए कहा तो वो तैयार नहीं है। उसे समझाया जा रहा है। नियमानुसार जो भी होगा, कार्रवाई की जाएगी।
चंडीगढ़ के सेक्टर- 45/50 की डिवाइडिंग रोड पर बीते सोमवार रात हुए सड़क हादसे में जगतपुरा निवासी 18 वर्षीय सुभाष की मौत हो गई, जबकि उसका बड़ा भाई शुभम (20) गंभीर रूप से घायल है। जिसे गंभीर हालत में पीजीआई में भर्ती करवाया गया है। वहीं, परिवार का कहना है कि जब तक आरोपी को अरेस्ट नहीं किया जाता है, तब तक न तो उसका पोस्टमार्टम करवाएंगे और न हीं उसके शव को लेंगे। वहीं, पुलिस की टीमें मामले की जांच में जुटी हुई है। जानकारी के मुताबिक यह हादसा सेक्टर-49 थाना के एरिया में सोमवार रात को गौशाला के पास हुआ। दोस्त को छोड़कर लौट रहे थे दोनों भाई मलोया में अपने दोस्त को छोड़कर बाइक से लौट रहे थे। इसी दौरान एक तेज रफ्तार वाहन ने उन्हें टक्कर मार दी और ड्राइवर मौके से फरार हो गया। सूचना पर पहुंची पुलिस ने दोनों को अस्पताल पहुंचाया, जहां इलाज के दौरान सुभाष ने दम तोड़ दिया। शुभम की हालत गंभीर बताई जा रही है। इधर, परिवार ने पुलिस की कार्रवाई पर सवाल उठाते हुए पोस्टमार्टम कराने और शव लेने से इनकार कर दिया है। परिजनों का आरोप है कि पुलिस फरार वाहन ड्राइवर को पकड़ने के बजाय मृतक युवक पर ही सवाल उठा रही है। परिवार का कहना है कि पूरे चंडीगढ़ में कैमरे लगे हुए है। ऐसे में पूरे मामले की जांच की जाए। साथ आरोपियों की पड़ताल की जाएगी।
अनिका की मदद को आगे आए स्टूडेंट्स व लोग:महापौर ने दिया सहायता राशि का चेक, एक दिन में जुटाए 28 लाख
गंभीर एवं दुर्लभ बीमारी SMA टाइप-2 से जूझ रही बेबी अनिका के इलाज के लिए चलाया जा रहे अभियान बच्ची को बच्चे बचाएंगे इंदौर शहर में एक अनूठी मिसाल बन गया है। इस अभियान को शहरवासियों और विशेष रूप से स्टूडेंट्स से अभूतपूर्व सहयोग मिला। केवल एक दिन में 28 लाख रुपए जुटाकर इंदौर ने मानवीय संवेदनशीलता की अद्भुत शक्ति का परिचय दिया। महापौर पुष्यमित्र भार्गव ने इस अभियान को शहर में व्यापक बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई, उन्होंने न केवल सार्वजनिक मंचों पर इस पहल का समर्थन किया, बल्कि स्वयं कई प्रमुख स्कूलों, कॉलेजों और शैक्षणिक संस्थानों में जाकर स्टूडेंट्स से संवाद किया और उन्हें अभियान से जोड़ा। प्रदेश और देशभर से लोग आगे आ रहे बुधवार को महापौर ने सहायता राशि का चेक सौंपते हुए कहा इंदौर की हमारी बेटी अनिका एक दुर्लभ बीमारी से ग्रसित है। उसके इलाज के लिए पूरे प्रदेश और देशभर से लोग आगे आ रहे हैं। हम सभी का दायित्व है कि अधिक से अधिक सहयोग कर समय पर उसका उपचार सुनिश्चित करें। स्टूडेंट्स ने किया योगदान अभियान में सहोदय ग्रुप ने भी अत्यंत महत्वपूर्ण भूमिका निभाई, ग्रुप के चेयरमैन मोहित यादव ने शहर के सभी शैक्षणिक संस्थानों में समन्वय और छात्र सहभागिता सुनिश्चित की, जिससे अभियान को बड़ी गति मिली, स्टूडेंट्स की संवेदनशीलता का अद्भुत दृश्य महापौर एवं समिति द्वारा 3 फरवरी को किए गए विशेष आव्हान के बाद शहर के हजारों स्टूडेंट्स ने स्वयं आगे बढ़कर योगदान दिया। केवल एक दिन में करीब 25 लाख रुपए की राशि संग्रहित हुई यह इंदौर के युवाओं की सामाजिक चेतना और संवेदनशीलता का उज्ज्वल उदाहरण बन गया, दान बॉक्सों की प्रक्रिया 4 और 5 फरवरी को नेहरू स्टेडियम में रखे दान बॉक्सों को प्रशासन और अभियान प्रतिनिधियों की उपस्थिति में खोला गया। राशि की गनती के बाद पूरी धनराशि को सीधे AIIMS से जुड़े बैंक खाते में जमा किया गया। अब तक 5 करोड़ 13 लाख 52 हजार रुपए जुटाए जा चुके है। जनता का सहयोग बना रहेअनिका के माता-पिता ने कहा सबसे बड़ा सहयोग हमें महापौर पुष्यमित्र भार्गव के नेतृत्व में मिला है। हम सहोदय ग्रुप, स्टूडेंट्स, अभिभावकों और इंदौर के हर सहयोगी के आभारी हैं। हमारी विनती है कि सहयोग आगे भी बना रहे, ताकि हमारी बेटी का उपचार जल्द संभव हो सके।
शहरों में सीवरेज और जल कनेक्शन की वार्डवार कार्य योजना बनाकर पूरा करने और निर्माण कार्यों के दौरान 'रोड रेस्टोरेशन' का काम हर हालत में समय सीमा में पूरा कराएं। उज्जैन, इंदौर और देवास को मिलाकर एक संयुक्त वॉटर सप्लाई बोर्ड के गठन किया जाएगा। प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) में 15 मार्च 2026 तक एक लाख आवासों के लिए सब्सिडी स्वीकृत की जाए। इसके साथ ही पीएमएवाई 2.0 के अंतर्गत हर नगर निगम 31 मार्च तक न्यूनतम तीन डीपीआर अनिवार्य रूप से पेश करें। यह बातें नगरीय विकास और आवास विभाग के कमिश्नर संकेत भोंडवे ने कहीं। भौरी के सुंदरलाल पटवा राष्ट्रीय नगर प्रबंधन संस्थान में विभागीय समीक्षा के दौरान भोंडवे ने कहा नगरीय प्रशासन में पारदर्शिता और कार्य क्षमता ही प्राथमिकता है। प्रॉपर्टी टैक्स की वसूली में किसी भी प्रकार की कोताही बर्दाश्त नहीं होगी। इसलिए 25 फरवरी और 15 मार्च को प्रदेश के सभी नगर निगमों में विशेष वसूली शिविर लगाने के निर्देश दिए। इसके साथ ही कमिश्नर ने लोगों की शिकायतों के तेजी से निराकरण के लिए आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के उपयोग पर बल दिया ताकि समस्याओं का समाधान 2 से 3 घंटे के भीतर किया जा सके। इसके अलावा, ई-ऑफिस प्रणाली और डिजिटल लॉकर के माध्यम से प्रशासनिक कार्यों को पूर्णतः डिजिटल बनाने की दिशा में प्रभावी कदम उठाने को कहा गया। वाहनों में ईंधन चोरी रोकने के लिए जीपीएस और फ्यूल गेज लागू करें आयुक्त भोंडवे ने भौरी के सुंदरलाल पटवा राष्ट्रीय नगर प्रबंधन संस्थान में विभागीय समीक्षा के दौरान कहा कि संसाधन प्रबंधन और पर्यावरण संरक्षण की दिशा में नवाचारी दृष्टिकोण की जरूरत है। इसलिए उज्जैन, इंदौर और देवास को मिलाकर एक संयुक्त वॉटर सप्लाई बोर्ड के गठन किया जाएगा। उन्होंने अनावश्यक बिजली खर्च रोकने के लिए सुचारू जलापूर्ति वाले क्षेत्रों में ट्यूबवेल बंद करने और सौ फीसदी स्मार्ट मीटर लगाने के निर्देश दिए।कमिश्नर ने निगम के वाहनों में ईंधन चोरी रोकने के लिए जीपीएस और फ्यूल गेज की अनिवार्यता तय की। बड़े शहरों जैसे भोपाल, इंदौर और ग्वालियर को ई-व्हीकल संचालन में मॉडल के रूप में विकसित करने और नगर निगमों के कम से कम 5 प्रतिशत वाहनों को सीएनजी पर संचालित करने का लक्ष्य दिया गया। आयुक्त भोंडवे ने कहा कि उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले निकायों को पुरस्कृत करेंगे, जिससे निकायों के बीच स्वस्थ प्रतिस्पर्धा को प्रोत्साहन मिले। पीएमएवाई 2.0 में हर नगर निगम 31 मार्च तक कम से कम तीन डीपीआर पेश करें आयुक्त भोंडवे ने प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) में 15 मार्च 2026 तक एक लाख आवासों के लिए सब्सिडी स्वीकृत और जारी करने का लक्ष्य तय किया। उन्होंने निर्देशित किया कि पीएमएवाई 2.0 के अंतर्गत हर नगर निगम 31 मार्च तक न्यूनतम तीन डीपीआर अनिवार्य रूप से पेश करें। इंदौर, भोपाल और जबलपुर जैसे शहरों में पूर्ण हो चुके आवासों का पजेशन तत्काल हितग्राहियों को देने पर जोर दिया गया।स्वच्छता के क्षेत्र में, उन्होंने सभी 16 नगर निगमों से स्वच्छता प्रतियोगिता में शीर्ष स्थान प्राप्त करने की अपेक्षा की और हर निगम को अपनी उपलब्धियों पर लघु फिल्में तैयार करने को कहा। अमृत योजना में सीवरेज और जल कनेक्शन को वार्डवार कार्य योजना बनाकर पूरा करने और निर्माण कार्यों के दौरान 'रोड रेस्टोरेशन' का विशेष ध्यान रखने के निर्देश भी दिए गए।
राजसमंद के केलवा थाना सर्कल में पुलिस ने जाली नोट छापने के मामले में बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। एसपी ममता गुप्ता के निर्देशन में चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत कार्रवाई की गई। एएसपी महेन्द्र कुमार पारीक और डीएसपी ज्ञानेन्द्र सिंह के सुपरविजन में थानाधिकारी सुबोध जांगिड़ के नेतृत्व में टीम ने जैतपुरा गांव में दबिश दी। इस दौरान रोशनलाल गुर्जर के मकान में नारायण गुर्जर और कमलेश गुर्जर अवैध रूप से नकली नोट छापते हुए पकड़े गए। पुलिस ने मौके से 500 रुपए के 15 नोट (7,500 रुपए), 200 रुपए के 362 नोट (72,400 रुपए) और 50 रुपए के 4 नोट (200 रुपए) बरामद किए। सभी नोटों पर एक ही सीरियल नंबर अंकित पाया गया। कुल 80,100 रुपए की जाली राशि जब्त की गई है। इसके अलावा प्रिंटर, स्याही के कंटेनर, पेपर शीट, कटर, स्केल, जेल पेन और पारदर्शी कांच सहित उपकरण भी जब्त किए गए हैं। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
मंडला में एक पटवारी पर शादी का झांसा देकर युवती के साथ रेप करने का आरोप लगा है। 23 साल की युवती की शिकायत पर महिला थाना पुलिस ने पटवारी आकाश पटेल के खिलाफ केस दर्ज कर लिया है। युवती ने पुलिस को बताया कि आकाश पटेल मंडला में पटवारी है। उसने शादी करने का वादा किया और उसे अपने किराए के कमरे पर बुलाया, जहां उसने शारीरिक संबंध बनाए। जब शादी की बात की, तो पटवारी ने साफ इनकार कर दिया। खुदकुशी की कोशिश बताया जा रहा है कि शादी से इनकार मिलने के बाद दुखी होकर युवती ने छत से कूदकर जान देने की कोशिश भी की थी। पुलिस की कार्रवाई एडिशनल एसपी शिवकुमार वर्मा के मुताबिक, पटवारी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 69 के तहत केस दर्ज किया गया है। पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है और सबूतों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
विश्व यूनानी दिवस के अवसर पर यूनिवर्सिटी कॉलेज ऑफ यूनानी, टोंक द्वारा हमदर्द लैबोरेट्रीज इंडिया के संयोजन से कृषि ऑडिटोरियम, टोंक में मैनेजमेंट आफ किडनी डिसऑर्डर्स थ्रू एविडेंस बेस्ड यूनानी मेडिसिन के विषय पर एक दिवसीय नेशनल सेमिनार का आयोजन किया गया। सेमिनार में देश भर से शोधार्थियों, शिक्षकों एवं विद्यार्थियों ने भाग लिया। यूनानी चिकित्सा पद्धति हमारी परंपरा का हिस्सा सेमिनार के मुख्य अतिथि डॉक्टर सर्वपल्ली राधाकृष्णन राजस्थान आयुर्वेद विश्वविद्यालय जोधपुर के कुलगुरु प्रोफेसर (वैद्य) गोविंद सहाय शुक्ला रहे। कुलपति ने कहा कि यूनानी चिकित्सा पद्धति हमारी समृद्ध परंपरा का महत्वपूर्ण हिस्सा है साक्ष्य-आधारित दृष्टिकोण अपनाकर यूनानी चिकित्सा को वैश्विक स्तर पर नई पहचान दिलाई जा सकती है उन्होंने कहा कि विश्व स्तर पर यूनानी चिकित्सा की अपार संभावनाएँ हैं। यूनानी चिकित्सा को शोध एवं नवाचार से नई ऊंचाइयाँ मिलेंगी । कुलपति ने विद्यार्थियों को शोध एवं नवाचार की दिशा में आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया। गुर्दा रोग पर जानकारी दी कार्यक्रम के मुख्य वक्ता प्रोफेसर शब्बीर अहमद आयुर्वेदिक एवं यूनानी तिब्बिया कॉलेज नई दिल्ली रहे, जिन्होंने वैज्ञानिक प्रमाणों के आधार पर यूनानी चिकित्सा पद्धति द्वारा गुर्दा रोगों के प्रभावी उपचार पर विस्तृत व्याख्यान प्रस्तुत किया। उन्होंने बताया कि यूनानी चिकित्सा में मौजूद औषधियां एवं उपचार पद्धतियाँ आधुनिक शोधों द्वारा प्रमाणित हो रही हैं तथा किडनी रोगों के उपचार में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं। बोले- आयुष में विश्वास बढ़ रहा कॉलेज के नोडल अधिकारी डॉक्टर राकेश कुमार शर्मा ने कहा कि आयुष चिकित्सा पद्धतियों के प्रति समाज में विश्वास लगातार बढ़ रहा है। उन्होंने इस को सेमिनार को ज्ञानवर्धक बताते हुए कहा कि इस प्रकार के कार्यक्रम विद्यार्थियों में वैज्ञानिक सोच को विकसित करते हैं तथा चिकित्सा क्षेत्र में नई संभावनाओं के द्वार खोलते हैं। सेमिनार में वेलकम स्पीच कॉलेज की उप प्राचार्य डॉक्टर नाजिया शमशाद ने दी। कॉलेज के मीडिया प्रभारी एवं एसोसिएट प्रोफेसर डॉक्टर सरफराज अहमद ने बताया कि डा. सर्वपल्ली राधाकृष्णन राजस्थान आयुर्वेद विश्वविद्यालय जोधपुर के यूनानी फैकल्टी के डीन प्रोफेसर आजम अंसारी एवं पूर्व डीन प्रोफेसर गुलाम कुतुब चिश्ती ने भी सेमिनार में डेलिगेट्स को संबोधित किया । उन्होंने बताया कि सेमिनार में पूर्व डीन प्रोफेसर शोएब आज़मी, पूर्व डीन प्रोफेसर शकूर खान, गवर्नमेंट मेडिकल कॉलेज टोंक के प्राचार्य डॉक्टर लोकेन्द्र शर्मा, राजस्थान युनानी मेडिकल कॉलेज जयपुर के प्रोफेसर मोहम्मद सफ़वान, एसोसिएट प्रोफेसर सरफराज हुसैन आदि अतिथियों ने शिरकत की। सेवाओं के लिए मिला सम्मान इस अवसर पर कुलपति ने कॉलेज के प्राचार्य डॉक्टर मोहम्मद इरशाद खान को डॉक्टर सर्वपल्ली राधाकृष्ण राजस्थान आयुर्वेद विश्वविद्यालय द्वारा महाविद्यालय में उल्लेखनीय सेवाओं के लिए प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया एवं सेमिनार के दौरान माननीय कुलपति महोदय ने डॉक्टर नाजिया शमशाद, डॉक्टर सरफराज अहमद, डॉक्टर मोहम्मद अकमल, डॉक्टर फिरोज खान, डॉक्टर जीशान अली, डॉक्टर हिना जफर, डॉक्टर खतीब अहमद, मुश्ताक अहमद, डॉक्टर अमजद सैफी को उनके उत्कृष्ट कार्य, अनुकरणीय सेवाओं और संस्थान के प्रति समर्पण के लिए अवार्ड देकर सम्मानित किया एवं सप्ताह भर चलीं प्री यूनानी डे एक्टिविटीज के दौरान की गई विभिन्न एकेडमिक, स्पोर्ट्स एवं कल्चरल गतिविधियों में विजेता और उपविजेता रहे छात्र-छात्राओं को मैडल व सर्टिफिकेट देकर सम्मानित किया गया। ये रहे मौजूद सेमिनार का संचालन डॉक्टर मोहम्मद अकमल व डॉक्टर मुजीब खान ने किया अंत में कॉलेज के प्राचार्य महोदय डॉक्टर मोहम्मद इरशाद खान ने कहा कि यूनिवर्सिटी कॉलेज ऑफ यूनानी, टोंक सदैव शैक्षणिक, शोध एवं सांस्कृतिक गतिविधियों में अग्रणी रहा है। उन्होंने कहा कि यह संगोष्ठी विद्यार्थियों के लिए अत्यंत लाभकारी सिद्ध होगी। डॉक्टर सरफराज अहमद ने बताया कि सेमिनार में डॉक्टर फिरोज खान, डॉक्टर मोहम्मद इमरान, डॉक्टर जावेद, डॉक्टर यूसरा कुरेशी, डॉक्टर अब्दुल रब, डॉक्टर शादमा इशरत, डॉक्टर जीशान अली, डॉक्टर अमजद सैफी, डॉक्टर मुनाजिर, डॉ जोहरा जबीं, डॉक्टर सरफराज अहमद (टी एस टी) डॉक्टर दानिश, डॉक्टर शादाब,डॉक्टर शहंशाह वली मोअज़्ज़म, डॉक्टर अलीम, डॉ सदफ,डॉ आयशा, डॉ मोमिन, डॉ अबरार अली, डॉक्टर मोहम्मद तारिक, डॉ मरगूब, डॉक्टर मनजर, डॉ कमरुल इस्लाम उस्मानी, इत्यादि सभी शिक्षक छात्र छात्रएं एवं स्टाफ उपस्थित रहे।
सीहोर जिले के आष्टा में पीपलरांवा थाने में पदस्थ एक सहायक उपनिरीक्षक (ASI) पर रिसोर्ट में घुसकर एक युवक से मारपीट करने और जान से मारने की धमकी देने का आरोप लगा है। घटना जावर थाना क्षेत्र की है। घायल युवक को आष्टा के सिविल अस्पताल में भर्ती कराया गया है। आरोप है कि 11 फरवरी की शाम एएसआई मानसिंह परमार निजी लाल रंग की कार से ‘सोल रिसोर्ट’ पहुंचा। वह बिना वर्दी था और हाथ में डंडा लिए हुए था। रिसोर्ट परिसर में महावीर किराना और सांची प्वाइंट काउंटर पर मौजूद अशोक कुमार जैन से उसने गाली-गलौज की और मारपीट शुरू कर दी। पीड़ित बोला-जान से मारने की धमकी दीपीड़ित का कहना है कि जब मौके पर मौजूद लोगों ने वीडियो बनाना शुरू किया तो आरोपी ने डंडा फेंक दिया। इसके बाद उसने अपने पद का डर दिखाते हुए धमकी दी कि यदि कोर्ट केस वापस नहीं लिया तो उसे जान से मरवा दिया जाएगा। ASI के रिश्तेदार को ढाई लाख रुपए दिए थे उधारअशोक कुमार जैन (निवासी ग्राम भाऊखेड़ा) के मुताबिक उन्होंने गांव के ही रमेश नामक व्यक्ति को ढाई लाख रुपए उधार दिए थे। इसके बदले मिला चेक बैंक में बाउंस हो गया। इसके बाद उन्होंने कानूनी प्रक्रिया के तहत रमेश को वैधानिक नोटिस भेजा। आरोप है कि नोटिस वापस लेने के लिए रमेश का रिश्तेदार मानसिंह परमार, जो पीपलरांवा थाने में एएसआई है, दबाव बनाने पहुंचा था। पुलिस ने केस दर्ज किया, जांच की शुरूघटना के समय गजराज सहित अन्य लोग भी मौजूद थे। जावर थाना पुलिस ने लिखित शिकायत के आधार पर मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस वीडियो फुटेज और अन्य साक्ष्यों के आधार पर जांच कर रही है।
करनाल में चिटफंड कंपनियों में फंसे गरीब लोगों के पैसों की वापसी को लेकर करनाल में पीड़ितों का गुस्सा लगातार बढ़ता जा रहा है। लोगों का कहना है कि छोटे-छोटे निवेश के नाम पर उनकी जिंदगी की जमापूंजी डूब गई, लेकिन सालों बीतने के बाद भी उन्हें एक रुपया तक वापस नहीं मिला। संगठन और पीड़ितों ने सरकार से जल्द पैसा लौटाने की मांग की है और चेतावनी दी है कि यदि सुनवाई नहीं हुई तो वे भूख हड़ताल और धरने जैसे कदम उठाने को मजबूर होंगे। देश में 42 करोड़ और हरियाणा में 35 लाख लोग पीड़ित पीड़ितों की लड़ाई लड़ रहे नरेश कुमार ने बताया कि उनका संगठन उन गरीब लोगों के हकों की लड़ाई लड़ रहा है, जिनका पैसा अलग-अलग कंपनियों में फंसा हुआ है। उन्होंने कहा कि लोगों को पैसा डबल करने का लालच देकर चिटफंड कंपनियों में निवेश करवाया गया और बाद में या तो कंपनियां बंद हो गईं या फिर भाग गईं। उन्होंने बताया कि देश में करीब 42 करोड़ लोग इस ठगी का शिकार हुए हैं, जबकि हरियाणा में यह संख्या लगभग 35 लाख है। करनाल जिले में करीब 10 हजार लोग ऐसे हैं, जिनके पैसे इन कंपनियों में फंसे हुए हैं। करनाल के पीड़ितों की सूची तैयार नरेश कुमार ने बताया कि करनाल के पीड़ित लोगों की सूची तैयार कर ली गई है। इसमें ऐसे लोग शामिल हैं, जिन्होंने 500 या 1000 रुपए महीने की दर से चिटफंड कंपनियों में पैसा लगाया था। उन्हें पांच साल में पैसा डबल करने का भरोसा दिया गया था। इन किस्तों के पांच साल पूरे हुए कई साल बीत चुके हैं, लेकिन आज तक किसी को एक भी रुपया वापस नहीं मिला। 2016 में बंद हुई कंपनियां, 2019 में बना कानून उन्होंने बताया कि करनाल में भी कई ऐसी कंपनियां काम कर रही थीं, जिन्हें 2016 में सरकार ने करीब 3 लाख कंपनियों के साथ बंद कर दिया था। इसके बाद सरकार ने बड्स एक्ट 2019 कानून बनाया, जिसके अनुसार जिन लोगों का पैसा इन कंपनियों में फंसा था, उसका भुगतान सरकार द्वारा किया जाना था। इस कानून में 180 दिन के अंदर भुगतान का वादा किया गया था, लेकिन आज तक वह वादा पूरा नहीं हुआ।ओडिशा का उदाहरण, हरियाणा में भी मांग नरेश कुमार ने कहा कि ओडिशा सरकार ने पीड़ितों का पैसा लौटाया है, चाहे वह 10 हजार हो या 10 लाख। इसी तर्ज पर हरियाणा में भी बीजेपी सरकार को चार महीने के अंदर लोगों के पैसे लौटाने चाहिए। उन्होंने बताया कि वे इस मामले को लेकर अधिकारियों से मिले, मुख्यमंत्री हरियाणा से भी मिले, लेकिन मदद के बावजूद पैसा लोगों तक नहीं पहुंच पा रहा।करनाल में एसआईटी बनी, फिर भी नतीजा नहींउन्होंने कहा कि करनाल में प्रशासन की तरफ से एसआईटी बनाई गई है और अधिकारी काम भी कर रहे हैं, लेकिन जिस स्तर पर काम होना चाहिए था, वह नहीं हुआ। करनाल में लोगों के फार्म जमा हुए तीन साल से ज्यादा का समय हो चुका है, लेकिन किसी को भी पैसा वापस नहीं मिला।पीड़ित बोले- मेहनत की कमाई डूब गईवहीं पीड़ित महिला गांव की कलाशो देवी, कांता, दिनेश कुमार व अन्य ने बताया कि उन्होंने सोचा था कि 500 रुपए महीना डालकर कुछ पैसे जुड़ जाएंगे और जरूरत के समय काम आएंगे, लेकिन अब उनके पैसे ही डूब गए हैं। किसी का 50 हजार, किसी का एक लाख और किसी का तीन लाख फंसा हुआ है। पीड़ितों ने बताया कि किसी ने भैंस बेचकर तो किसी ने मजदूरी करके पैसा कंपनी में लगाया था। सिर्फ यही कहा गया था कि पैसा डबल मिलेगा, लेकिन कंपनियां बंद हो गईं और अब सरकार से ही उम्मीद बची है।
औषधीय पौधों के लिए किए गए अच्छे काम पर एमपी को गोल्ड एक्सीलेंस अवार्ड दिया गया है। यह अवार्ड प्रदेश के आयुष विभाग के अपर सचिव डॉ. संजय कुमार मिश्रा ने दिल्ली में ग्रहण किया है। यह सम्मान मध्यप्रदेश द्वारा औषधीय पौधों के संरक्षण, संवर्धन, वैज्ञानिक खेती, सतत उपयोग, किसान-जनजातीय सहभागिता तथा मार्केट लिंकेज के क्षेत्र में किए गए कार्यों के लिए प्रदान दिया गया है। मध्यप्रदेश राज्य औषधीय पादप बोर्ड (Madhya Pradesh State Medicinal Plants Board) को नेशनल मेडिसिनल प्लांट्स बोर्ड द्वारा आयोजित चिंतन शिविर औषधीय पौधे के अवसर पर “एक्सीलेंस अवॉर्ड बेस्ट परफॉर्मिंग स्टेट मेडिसिनल प्लांट्स बोर्ड (गोल्ड कैटेगरी)” से सम्मानित किया गया है। यह राष्ट्रीय कार्यक्रम केंद्रीय आयुष मंत्रालय की ओर से विज्ञान भवन नई दिल्ली में आयोजित हुआ। राज्य की ओर से डॉ. संजय मिश्रा अपर सचिव, आयुष विभाग एवं सचिव-सह-सीईओ, राज्य औषधीय पादप बोर्ड ने यह पुरस्कार ग्रहण किया। इसको लेकर अपर सचिव आयुष मिश्रा ने कहा कि यह उपलब्धि किसानों, जनजातीय समुदायों, फील्ड स्टाफ तथा विभिन्न विभागों के समन्वित प्रयासों का परिणाम है। बोर्ड के प्रयासों से न केवल आयुष उद्योग के लिए कच्चे माल की उपलब्धता बढ़ी है, बल्कि ग्रामीण एवं जनजातीय क्षेत्रों में अतिरिक्त आजीविका के अवसर भी बने हैं, साथ ही जैव विविधता संरक्षण को भी मजबूती मिली है। यह गोल्ड एक्सीलेंस अवॉर्ड मध्यप्रदेश की उस प्रतिबद्धता का प्रमाण है, जिसके अंतर्गत पारंपरिक ज्ञान को आधुनिक वैल्यू-चेन मॉडल से जोड़ते हुए राज्य को देश के अग्रणी औषधीय पादप केंद्र के रूप में विकसित किया जा रहा है। राज्य औषधीय पादप बोर्ड की ये पहल रही सकारात्मक
मेरठ कॉलेज के शारीरिक शिक्षा विभाग की ओर से बुधवार को शतरंज अंतःसंस्थीय प्रतियोगिता 2025-26 का आयोजन किया गया। सुबह 10 बजे शुरू हुई इस प्रतियोगिता में कॉलेज परिसर में दिनभर बिसात पर रणनीति और दिमागी चालों का रोमांच देखने को मिला। प्रतियोगिता का उद्देश्य विद्यार्थियों में बौद्धिक क्षमता और रणनीतिक सोच का विकास करना रहा। मुख्य अतिथि के रूप में मेरठ कॉलेज प्रबंध समिति के अवैतनिक सचिव विवेक गर्ग उपस्थित रहे, जबकि कार्यक्रम की अध्यक्षता प्रो. सीमा पंवार ने की। अतिथियों ने प्रतिभागियों को खेल भावना के साथ प्रतिस्पर्धा करने के लिए प्रेरित किया। महाविद्यालय के विभिन्न विभागों से छात्र-छात्राओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। प्रतियोगिता का संचालन आयोजन सचिव डॉ. सुधीर मलिक ने किया। उन्होंने बताया कि चयनित खिलाड़ियों को विशेष प्रशिक्षण दिया जाएगा और यही टीम आगामी अंतर महाविद्यालय प्रतियोगिता में मेरठ कॉलेज का प्रतिनिधित्व करेगी। पुरुष वर्ग में वंश यादव ने बेहतरीन खेल का प्रदर्शन करते हुए प्रथम स्थान प्राप्त किया। हर्ष कुमार द्वितीय और अरनव सिंह तृतीय स्थान पर रहे। महिला वर्ग में एजंल गुप्ता ने शानदार रणनीति के साथ प्रथम स्थान हासिल किया। दिव्यान्सी चौधरी द्वितीय और सना तृतीय स्थान पर रहीं। विजेताओं को प्रशस्ति पत्र और पुरस्कार देकर सम्मानित किया गया। कार्यक्रम में प्रो. अर्चना (संयोजक, आईक्यूएसी), सह-संयोजक प्रो. योगेश कुमार, प्रो. सीमा शर्मा, प्रो. मनोज सिवाच, प्रो. नीलम पंवार सहित अनेक शिक्षक उपस्थित रहे। छात्र-छात्राओं की सक्रिय सहभागिता से प्रतियोगिता सफलतापूर्वक संपन्न हुई।
करनाल जिले के अशोक नगर क्षेत्र में गैस सिलेंडर की डिलीवरी करने वाले व्यक्ति से पैसे छीनकर फरार हुए आरोपी को सिटी थाना पुलिस ने काबू कर लिया है। पुलिस ने आरोपी के कब्जे से छीनी गई कुछ रकम भी बरामद कर ली। आरोपी को बीती रात मेडिकल कराने के बाद आज कोर्ट में पेश किया गया, जहां से उसे जिला जेल भेज दिया गया। सिलेंडर डिलीवरी के दौरान वारदात करनाल सिटी पुलिस के मुताबिक, यह घटना 3 फरवरी को दोपहर के समय की है। सिलेंडर डिलीवरी का काम कर रहा व्यक्ति अशोक नगर क्षेत्र में घर-घर गैस पहुंचा रहा था। इसी दौरान पीछे से आए एक अज्ञात व्यक्ति ने अचानक उससे पैसे छीन लिए और मौके से फरार हो गया। पैसे करीब 25 हजार थे। पीड़ित ने तुरंत इसकी सूचना पुलिस को दी, जिसके बाद थाना शहर करनाल में मामला दर्ज किया गया। पुलिस टीम ने आरोपी दबोचा मामले की गंभीरता को देखते हुए सब इंस्पेक्टर दीपक कुमार की अध्यक्षता में एक विशेष पुलिस टीम गठित की गई। टीम ने इलाके में लगे सीसीटीवी फुटेज और अन्य सुरागों के आधार पर जांच शुरू की। जांच के दौरान छीना-झपटी की वारदात को अंजाम देने वाले आरोपी की पहचान करनाल के अशोक नगर निवासी सुमित पुत्र अश्विनी के रूप में हुई। आरोपी से 6 हजार रुपए बरामद पुलिस ने बीती शाम आरोपी को गिरफ्तार किया और उसके कब्जे से 6 हजार रुपये नकद बरामद किए गए। जांच अधिकारी दीपक कुमार ने बताया कि आरोपी को मेडिकल जांच के बाद माननीय न्यायालय में पेश किया गया। अदालत ने आरोपी को न्यायिक हिरासत में जिला जेल भेजने के आदेश दिए। पुलिस का कहना है कि मामले की जांच अभी जारी है और आरोपी के आपराधिक रिकॉर्ड की भी जांच की जा रही है।
6 साल के बेटे को बचाने के लिए मां टांके में कूद गई। पीछे-पीछे 3 साल का मासूम भी टांके में गिर गया। डूबने से तीनों की मौत हो गई। घटना बालोतरा जिले के गिड़ा थाना इलाके निम्बा की ढाणी गांव में दोपहर करीब 4 बजे की है। सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची। तीनों के शवों को हॉस्पिटल की मॉर्च्युरी में रखवाया गया है। खेत में खेलते समय हुआ हादसापुलिस के अनुसार- निम्बा की ढाणी गिड़ा निवासी देवी (29) पत्नी प्रेम कुमार खेत में काम कर रही थी। उसके दो मासूम बेटे पास में खेल रहे थे। बड़ा बेटा अर्जुन खेलते-खेलते टांके में गिर गया। मां ने टांके में गिरता देखकर उसको बचाने के लिए पीछे-पीछे वो भी खुद गई। 3 साल का बेटा धर्मेंद्र मां के पीछे-पीछे टांके में गिर गया। चिल्लाने की आवाज सुनकर सास और ससुर भाग कर आए। आसपास के लोगों को बुलाकर तीनों को टांके से बाहर निकाला। गिड़ा हॉस्पिटल लेकर आए, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। गिड़ा पुलिस भी मौके पर पहुंची। पुलिस ने तीनों के शवों को हॉस्पिटल की मॉर्च्युरी में शिफ्ट करवाया। पुलिस ने पीहर पक्ष को सूचना दी। गिड़ा थानाधिकारी दलतपसिंह ने बताया कि परिजनों ने किसी तरह का संदेह नहीं जताते हुए हादसा बताया है। रिपोर्ट पर मर्ग दर्ज कर ली है। रात होने के कारण पोस्टमॉर्टम नहीं हो पाया। सुबह आगे की कार्रवाई कर शव परिजनों को सौंपे जाएंगे। 10 साल पहले हुई थी शादीजानकारी के अनुसार- मृतका की शादी 10 साल पहले हुई थी। पति प्लास्टर का काम करता है। काम के सिलसिले में वह बाहर ही रहता है। मृतका और दो बेटे सास और ससुर के साथ गांव में ही रहते है।
रायसेन जिले में तेज रफ्तार कार ने पैदल जा रहे प्राइवेट कंपनी के कर्मचारी को टक्कर मार दी। कर्मचारी हवा में 5 फीट तक उछला, फिर सड़क पर आ गिरा। कार ड्राइवर ने गाड़ी बैक की। कर्मचारी उसके पिछले पहिये के नीचे आ गया। उसकी मौके पर ही मौत हो गई। इसके बाद ड्राइवर कार लेकर भाग निकला। घटना सतलापुर थाना इलाके में बुधवार तड़के करीब 5 बजे शिव मल्टीकेयर हॉस्पिटल के सामने की है। इसका सीसीटीवी फुटेज भी सामने आया है। जिसके आधार पर पुलिस ने 24 घंटे के भीतर कार ड्राइवर को गिरफ्तार कर लिया। मृतक की पहचान कृष्ण पाल के रूप में हुई है, जो HEG कंपनी में काम करते थे। वे बुधवार सुबह अपनी ड्यूटी पर जा रहे थे, तभी यह हादसा हुआ। देखिए, हादसे की तीन तस्वीरें… वीडियो से पहचान, ड्राइवर गिरफ्तारसड़क पर लाश पड़े होने की सूचना मिलते ही सतलापुर पुलिस मौके पर पहुंची। शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भिजवाया। थाना प्रभारी विजय त्रिपाठी ने बताया कि कार चालक की पहचान कर उसे गिरफ्तार कर लिया गया है। वह मंडीदीप का ही रहने वाला है। औबेदुल्लागंज एसडीओपी शीला सुराणा ने बताया कि कार चालक पर गैर-इरादतन हत्या का मामला दर्ज किया गया है। ये खबर भी पढ़ें… इंजीनियर को जेसीबी से कुचलने की कोशिश, VIDEO इंदौर में इंजीनियर पर जेसीबी मशीन चढ़ाने की कोशिश की गई। इंजीनियर ने ऐन वक्त पर पीछे हटकर अपनी जान बचाई। घटना मेट्रो रेल प्रोजेक्ट की एरोड्रम साइट पर मंगलवार की है। इसका वीडियो बुधवार को सामने आया है। पुलिस ने स्वत: संज्ञान लेते हुए मामले की जांच शुरू कर दी है। पढ़ें पूरी खबर…
नोएडा प्राधिकरण में अंडरग्राउंड केबलिंग घोटाले को लेकर एक बार फिर कार्रवाई तेज हो गई है। पूर्व इंजीनियर इन चीफ यादव सिंह प्रकरण से जुड़े मामले में प्राधिकरण के तीन अधिकारियों आरपी सिंह (वर्तमान महाप्रबंधक जल-सीवर एवं ईएंडएम), निजामुद्दीन और प्रमोद (दोनों का नोएडा से तबादला हो चुका है) को विभागीय चार्जशीट देने की तैयारी शुरू कर दी गई है। सीईओ के निर्देश पर कार्मिक विभाग के ओएसडी अशोक कुमार शर्मा की अध्यक्षता में दो वरिष्ठ प्रबंधकों की जांच कमेटी गठित कर दी गई है। प्राधिकरण स्तर पर चार्जशीट की प्रक्रिया प्रारंभ हो चुकी है। विभागीय सूत्रों के मुताबिक, सीबीआई की चार्जशीट में नाम शामिल होने के बावजूद इन अधिकारियों की विभागीय जांच की फाइल प्राधिकरण से शासन तक नहीं भेजी गई थी। शासन की ओर से कई बार प्राधिकरण से पूछा गया कि विभागीय जांच क्यों लंबित है, लेकिन कोई ठोस जवाब नहीं दिया गया। अब शासन ने इस पर कड़ी आपत्ति जताते हुए जवाब तलब किया है। विभागीय जांच लंबित रहने के दौरान संबंधित अधिकारियों को पदोन्नति का लाभ भी मिल चुका है। 20 अधिकारियों के खिलाफ हुई थी कार्रवाईगौरतलब है कि वर्ष 2020 में अंडरग्राउंड केबलिंग प्रकरण में कथित रूप से चहेती कंपनियों को टेंडर देकर लाभ पहुंचाने के आरोप में यादव सिंह समेत 20 अधिकारियों के खिलाफ चार्जशीट जारी हुई थी। उस समय इन तीन अधिकारियों को कार्रवाई से बाहर रखा गया था। शिकायतकर्ता और गवाह भी बने आरोपीइस घोटाले में सेक्टर-39 थाने में तत्कालीन एपीई आरपी सिंह ने ही तहरीर देकर मुकदमा दर्ज कराया था। वे सीबीआई जांच में गवाह भी रहे और करीब 250 से अधिक बार सीबीआई कार्यालय में पूछताछ के लिए बुलाए गए। अब जानकारी सामने आई है कि सीबीआई ने उन्हें भी चार्जशीट में शामिल कर लिया है। महाप्रबंधक (ईएंडएम) आरपी सिंह ने कहा कि यह जांच की सतत प्रक्रिया है। उन्होंने बताया कि वह उस समय डिविजन-2 में तैनात थे। अंडरग्राउंड केबलिंग में जो रेट कोड लागू किया गया था, वह पूरे प्राधिकरण में लागू था, इसलिए सीबीआई ने उन्हें भी चार्जशीट में शामिल किया है। क्या बोलीं एसीईओ?एसीईओ वंदना त्रिपाठी ने पुष्टि की कि तीनों अधिकारियों को चार्जशीट किया जा रहा है। इसके लिए ओएसडी की अध्यक्षता में जांच कमेटी गठित की जा चुकी है और जल्द ही जांच रिपोर्ट शासन को भेजी जाएगी।
भागलपुर में शहीद तिलकामांझी की जयंती मनाई गई:आदिवासी समाज ने 276वीं जयंती पर श्रद्धांजलि दी
भागलपुर जिले में महान स्वतंत्रता सेनानी शहीद तिलकामांझी की 276वीं जयंती भागलपुर के ऐतिहासिक तिलकामांझी चौक पर मनाई गई। आदिवासी समाज ने इस अवसर पर श्रद्धा और गरिमा के साथ उन्हें याद किया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में आदिवासी समाज के लोग, सामाजिक कार्यकर्ता और शहर के गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे। जयंती समारोह की शुरुआत शहीद तिलकामांझी की प्रतिमा पर माल्यार्पण और पुष्पांजलि अर्पित कर हुई। उपस्थित लोगों ने उनके बलिदान को नमन किया। इस अवसर पर भागलपुर नगर निगम के उप महापौर सलाउद्दीन हसन, सामाजिक कार्यकर्ता कमल जायसवाल और ईशान सिन्हा सहित कई प्रमुख अतिथि मौजूद थे। आदिवासी समाज ने फूलों के बुके भेंट कर अतिथियों का स्वागत किया। समारोह में आदिवासी कलाकारों ने पारंपरिक संथाली नृत्य प्रस्तुत किया। ढोल और नगाड़ों की थाप पर हुए इस नृत्य ने कार्यक्रम में सांस्कृतिक रंग घोला। दर्शकों ने तालियों से कलाकारों का उत्साह बढ़ाया, जिससे कार्यक्रम स्थल पर आदिवासी संस्कृति की झलक स्पष्ट दिखी। वक्ताओं ने कार्यक्रम को संबोधित करते हुए शहीद तिलकामांझी के जीवन को संघर्ष, साहस और बलिदान का प्रतीक बताया। उन्होंने कहा कि तिलकामांझी ने अंग्रेजी हुकूमत के खिलाफ आदिवासी समाज को संगठित किया, स्वतंत्रता की अलख जगाई और अत्याचार के विरुद्ध आवाज उठाई। वक्ताओं ने उन्हें केवल आदिवासी समाज का नहीं, बल्कि पूरे देश का प्रेरणास्रोत बताया। वक्ताओं ने युवाओं से शहीद तिलकामांझी के आदर्शों को अपनाने, सामाजिक एकता को मजबूत करने और देश के विकास में सकारात्मक भूमिका निभाने की अपील की। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि शहीदों के विचारों को समझना और उन्हें अपने जीवन में उतारना वर्तमान समय की आवश्यकता है। कार्यक्रम के समापन पर आदिवासी समाज के लोगों ने शहीद तिलकामांझी के संघर्ष और बलिदान को याद करते हुए उनके आदर्शों पर चलने का संकल्प लिया। इस दौरान पूरा वातावरण देशभक्ति और गौरव की भावना से ओतप्रोत रहा।
मऊगंज के शाहपुर थाना क्षेत्र के धरमपुरा उचेहरा गांव में एक 70 वर्षीय बुजुर्ग महिला ने अपने पड़ोसी से जान का खतरा बताते हुए पुलिस अधीक्षक (एसपी) से न्याय की मांग की है। वृद्धा का आरोप है कि पड़ोसी उन्हें डरा-धमका रहा और उनका रास्ता-पानी भी बंद कर दिया है। विरोध करने पर कुल्हाड़ी लेकर दौड़ा पीड़ित सरोज यादव ने बताया कि उनके घर के पास लगे आम के पेड़ की डाल उनका पड़ोसी चंद्रशेखर पटेल जबरन काट रहा था। जब उन्होंने इसका विरोध किया, तो आरोपी कुल्हाड़ी लेकर उन्हें मारने के लिए दौड़ा। वृद्धा ने भागकर घर में घुसकर अपनी जान बचाई। आरोप है कि इस घटना के बाद से आरोपी ने उन्हें सार्वजनिक स्रोत से पानी भरने से रोक दिया है और उनके आने-जाने का रास्ता भी बंद कर दिया है। पुलिस चौकी पर सुनवाई न होने का आरोप वृद्धा ने अपनी शिकायत में बताया कि उन्होंने पहले खटखरी पुलिस चौकी में गुहार लगाई थी, लेकिन वहां उनकी बात को गंभीरता से नहीं लिया गया। पुलिस ने आधी-अधूरी रिपोर्ट लिखकर मामले को टाल दिया, जिससे आरोपी के हौसले और बुलंद हो गए। सुरक्षा न मिलने से परेशान होकर वृद्धा बुधवार शाम एसपी कार्यालय पहुंचीं और लिखित आवेदन सौंपा। एसपी से लगाई सुरक्षा की गुहार सरोज यादव का कहना है कि वह घर में अकेली रहती हैं और उन्हें अपनी जान-माल का डर सता रहा है। उन्होंने पुलिस अधीक्षक से मांग की है कि मामले की निष्पक्ष जांच कराई जाए और आरोपी के खिलाफ सख्त कार्रवाई कर उन्हें सुरक्षा प्रदान की जाए। एसपी कार्यालय ने मामले को संज्ञान में लेते हुए संबंधित अधिकारियों को जांच के निर्देश दिए हैं।
प्रदेश सरकार के हालिया बजट को लेकर राजनीतिक और सामाजिक संगठनों में तीखी प्रतिक्रिया देखने को मिल रही है। जहां विपक्षी दलों और छात्र संगठनों ने रोजगार, शिक्षा और कृषि से जुड़े मुद्दों पर सवाल खड़े किए हैं, वहीं किसान नेताओं और उद्योग जगत ने बजट को संतुलित और विकास को गति देने वाला बताया है। समाजवादी छात्र सभा के राष्ट्रीय महासचिव बाबर चौहान खरदौनी ने बजट पर असंतोष जताते हुए कहा कि युवाओं को रोजगार मिलने तक निश्चित मासिक भत्ते की उम्मीद थी, लेकिन बजट में बेरोजगारी भत्ते को लेकर कोई प्रावधान नहीं किया गया। उन्होंने कहा कि पेपर लीक की घटनाओं से छात्र लगातार परेशान हैं और सख्त कानून व त्वरित निवारण प्रणाली की मांग कर रहे थे, लेकिन बजट में इसके लिए कोई ठोस वित्तीय खाका नजर नहीं आया। आउटसोर्सिंग और संविदा पर कार्यरत युवाओं के लिए न्यूनतम मानदेय तय करने की मांग भी अधूरी रही। बाबर चौहान ने कृषि उपकरणों से जीएसटी हटाने और सिंचाई के लिए पूरी तरह मुफ्त बिजली देने के वादे पर भी स्पष्टता न होने की बात कही। उन्होंने सवाल उठाया की , “हर साल बड़े ऐलान होते हैं, लेकिन जमीनी स्तर पर सन्नाटा क्यों है? जनता इंतजार में है, जवाब कौन देगा?” वहीं किसान नेता रवि भारत चिकारा ने प्रदेश सरकार के बजट को किसानों, युवाओं, व्यापारियों और नौकरीपेशा वर्ग के लिए सराहनीय बताया। उन्होंने कहा कि यह बजट विभिन्न वर्गों के हितों का ध्यान रखते हुए प्रदेश के विकास को नई दिशा देगा। परतापुर इंडस्ट्रियल एस्टेट मैन्यूफैक्चरिंग एसोसिएशन के अध्यक्ष निपुण जैन ने ₹9,12,696 करोड़ के ऐतिहासिक बजट का स्वागत करते हुए इसे औद्योगिक सशक्तिकरण की दिशा में बड़ा कदम बताया। उन्होंने कहा कि एमएसएमई क्षेत्र को तकनीकी उन्नयन, निर्यात संवर्धन और वित्तीय मजबूती के सकारात्मक संकेत मिले हैं। औद्योगिक अवसंरचना, लॉजिस्टिक्स, कौशल विकास और क्षेत्रीय उत्पादों को बढ़ावा देने वाली योजनाएं लघु एवं मध्यम उद्योगों के लिए विस्तार के अवसर लेकर आएंगी। “वन डिस्ट्रिक्ट वन प्रोडक्ट” जैसी पहलों को मजबूती मिलना पारंपरिक उद्योगों के लिए उत्साहजनक बताया गया। हालांकि, उन्होंने कच्चे माल पर कर राहत, सस्ती कार्यशील पूंजी और लंबित भुगतानों पर और ठोस प्रावधान की अपेक्षा जताई। आम आदमी पार्टी के प्रदेश प्रवक्ता व मेरठ जिलाध्यक्ष अंकुश चौधरी ने बजट को लेकर सरकार पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि कृषि और सिंचाई के लिए ₹21,340 करोड़ का प्रावधान किसानों की उपेक्षा दर्शाता है।उन्होंने सवाल उठाया कि जब बजट ₹8.33 से ₹9 लाख करोड़ के बीच है, तो प्रदेश के कर्ज बोझ पर स्पष्ट जानकारी क्यों नहीं दी जा रही। चौधरी ने आरोप लगाया कि बुनियादी ढांचे के नाम पर इवेंट मैनेजमेंट किया जा रहा है, जबकि महंगाई और कानून व्यवस्था से जनता परेशान है। उन्होंने कहा, “यह बजट जनहित का नहीं, बल्कि पूंजीपतियों को लाभ पहुंचाने वाला है।”
झालावाड़ में विशिष्ट न्यायालय पोक्सो कोर्ट-1 ने नाबालिग से छेड़छाड़ के एक आरोपी को दोषी ठहराते हुए तीन साल के कठोर कारावास की सजा सुनाई है। कोर्ट ने दोषी पर 7 हजार रुपए का जुर्माना भी लगाया है। यह फैसला विशेष जज ने सुनाया। विशिष्ट लोक अभियोजक गिरिराज नागर ने बताया कि यह घटना 3 अगस्त 2025 को हुई थी। पीड़िता अपने परिवार और गांव वालों के साथ महादेव मंदिर के लिए कावड़ यात्रा पर गई थी। शाम करीब 4:30 बजे, जब पीड़िता थाना रायपुर के पास बरसाती नाले में शौच के लिए गई, तभी आरोपी वहां आया। आरोपी ने पीड़िता को पीछे से पकड़ लिया और छेड़छाड़ की। पीड़िता के जोर से चिल्लाने पर उसके भाई और अन्य लोग मौके पर पहुंचे। आरोपी ने पीड़िता को धमकी दी कि अगर उसने यह बात किसी को बताई तो उसे और उसके भाई को जान से मार देगा, और फिर वह मौके से भाग गया। पीड़िता ने अपने पिता के साथ रायपुर थाने में लिखित रिपोर्ट दर्ज कराई थी। पुलिस ने पॉक्सो एक्ट के तहत अपराध प्रमाणित होने पर आरोपी को गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश किया। पुलिस ने गहन अनुसंधान के बाद कोर्ट में प्रकरण का चालान पेश किया। विशिष्ट लोक अभियोजक गिरिराज नागर ने राजस्थान सरकार की ओर से पैरवी करते हुए मामले में 8 गवाह और 11 दस्तावेज पेश किए। इन साक्ष्यों के आधार पर कोर्ट ने आरोपी को दोषी मानते हुए तीन वर्ष के कठोर कारावास और 7 हजार रुपए के जुर्माने से दंडित किया।
अलीगढ़ में उत्तर प्रदेशीय प्राथमिक शिक्षक संघ के बैनर तले शिक्षकों ने बुधवार को टीईटी अनिवार्यता के विरोध में प्रदर्शन किया। तस्वीर महल चौराहे पर एसएसपी कार्यालय के पास शिक्षकों ने केंद्रीय राज्य शिक्षा मंत्री जयंत चौधरी का पुतला दहन कर नारेबाजी की। अचानक हुए प्रदर्शन से पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया। जब तक पुलिस मौके पर पहुंची, शिक्षक पुतला फूंक चुके थे और मंत्री के बयान की प्रतियां जलाकर विरोध जता चुके थे। प्रदर्शन का नेतृत्व संघ के जिला अध्यक्ष मुकेश कुमार सिंह और जिला मंत्री राजेंद्र सिंह अत्री ने किया। मुकेश कुमार सिंह ने कहा कि वर्ष 2011 से पहले शिक्षकों की नियुक्ति में टीईटी अनिवार्य नहीं थी। ऐसे में अब इसे पूर्व नियुक्त शिक्षकों पर लागू करना अन्यायपूर्ण है। उन्होंने बताया कि कुछ समय पहले संघ के पदाधिकारी दिल्ली में मंत्री जयंत चौधरी के आवास पर ज्ञापन देने गए थे। हले दिया भरोसा, अब सख्त बयानसंघ पदाधिकारियों के मुताबिक, उस दौरान मंत्री ने शिक्षकों के पक्ष में होने का आश्वासन दिया था। आरोप है कि हाल ही में उन्होंने नया बयान दिया है, जिसमें कहा गया कि यदि 2011 से पूर्व नियुक्त शिक्षक 1 सितंबर 2027 तक टीईटी पास नहीं करेंगे तो उन्हें सेवा से बाहर कर दिया जाएगा। इस बयान से प्रदेशभर के शिक्षकों में आक्रोश है। जेल भरो आंदोलन की चेतावनीशिक्षकों का कहना है कि 50–55 वर्ष की आयु में दोबारा टीईटी परीक्षा देना व्यवहारिक नहीं है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि सरकार ने फैसला वापस नहीं लिया तो जिला से लेकर प्रदेश स्तर तक आंदोलन तेज किया जाएगा। जरूरत पड़ी तो जेल भरो आंदोलन भी किया जाएगा। प्रदर्शन में मंडलीय मंत्री राजेश कटारा, संरक्षक राधेश्याम शर्मा, हरेंद्र सिंह, मुगीसुर रहमान, मुकेश शर्मा, हरिकेश शर्मा, नीरज सिंह, गोपाल गुप्ता, ललित चौधरी, संजय वर्मा, बिल्लू सिंह, उमेश चंद वर्मा, अमित चौहान, प्रमोद कुमार, किशन शर्मा, जितेंद्र सिंह, जुगल किशोर, वीरेश कुमार, प्रज्ञवीर सिंह, ओमदत्त गौतम, राजीव सिंह, सुरभि राज पवार, ताहिरा, पूनम शर्मा, पूनम सिंह और फरजाना सहित बड़ी संख्या में शिक्षक मौजूद रहे।
कपूरथला के सुल्तानपुर लोधी सब-डिवीजन के गांव शाहवाला अंदरिसा में उस समय तनाव बढ़ गया जब ग्रामीणों ने सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट से शोधित पानी की आउटपुट पाइपलाइन बिछाने का काम रोक दिया। ग्रामीणों का आरोप है कि यह पानी पवित्र काली बेईं नदी में छोड़ा जाना है। स्थिति को देखते हुए गांव में भारी पुलिस बल तैनात कर दिया गया है। धरने पर बैठे ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि प्रशासन शहर के सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट का पानी काली बेईं में छोड़ने की तैयारी कर रहा है। उनका कहना है कि इस फैसले से न केवल पर्यावरण को नुकसान होगा, बल्कि उनकी धार्मिक भावनाएं भी आहत होंगी। ग्रामीणों के अनुसार, पाइपलाइन उनकी जमीन से जबरदस्ती बिछाई जा रही है, जबकि प्रशासन ने पहले कोई और रास्ता बताया था। ग्रामीणों ने प्रशासन पर लगाए आरोप ग्रामीणों ने प्रशासन पर वादे तोड़ने का आरोप लगाया। उनका कहना है कि अधिकारियों ने पहले आश्वासन दिया था कि न तो नदी को नुकसान पहुंचाया जाएगा और न ही निजी जमीन का उपयोग किया जाएगा। हालांकि, अब बिना सहमति के काम शुरू कर दिया गया है। इसके विरोध में ग्रामीणों ने मौके पर अनिश्चितकालीन धरना शुरू कर दिया और काम में लगी मशीनों को रोककर पाइपलाइन बिछाने का काम पूरी तरह बंद करवा दिया। गांव में पुलिस बल तैनात माहौल में तनाव बढ़ने की आशंका को देखते हुए प्रशासन ने बड़ी संख्या में पुलिस बल तैनात किया है। सुबह से ही पुलिस और सिविल प्रशासन के अधिकारी मौके पर मौजूद हैं। किसी भी अप्रिय घटना को रोकने के लिए इलाके में नाकाबंदी भी की गई है। प्रशासन ने आरोपों को बताया निराधार दूसरी ओर, सीवरेज और जल आपूर्ति विभाग के अधिकारी अरविंद मेहता ने ग्रामीणों के सभी आरोपों को निराधार बताया। उन्होंने कहा कि पाइपलाइन सरकारी जमीन पर बिछाई जा रही है और किसी भी निजी जमीन को नुकसान नहीं पहुंचाया जाएगा। अधिकारियों ने यह भी स्पष्ट किया कि शोधित पानी पर्यावरणीय मानकों के अनुसार ही छोड़ा जाएगा।
पंजाब में बिगड़ती कानून-व्यवस्था के विरोध में कांग्रेस ने पटियाला में रोष मार्च निकाला। इस दौरान पंजाब कांग्रेस अध्यक्ष अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग, विपक्ष के नेता प्रताप सिंह बाजवा और यूथ कांग्रेस अध्यक्ष मोहित मोहिंद्र सहित कई वरिष्ठ नेता और कार्यकर्ता मौजूद रहे। मार्च को संबोधित करते हुए मोहित मोहिंद्र ने कहा कि आज पंजाब का हर वर्ग असुरक्षित महसूस कर रहा है। मोहित ने आरोप लगाया कि राज्य में कानून-व्यवस्था पूरी तरह चरमरा गई है, गैंगस्टर खुलेआम हत्याएं कर रहे हैं और घर-घर तक नशीले पदार्थ पहुंच रहे हैं। उन्होंने सरकार पर लोगों की आवाज न सुनने और विज्ञापनों के जरिए झूठी वाहवाही बटोरने का आरोप लगाया। उन्होंने आगे कहा कि अब चुप रहने का समय नहीं है। सड़क पर नहीं उतरे तो भविष्य अंधकारमय अगर आज सड़कों पर नहीं उतरेंगे तो पंजाब का भविष्य अंधकारमय हो जाएगा। मोहिंद्र ने इस विरोध मार्च को सोई हुई सरकार के लिए एक चुनौती बताया। मार्च के दौरान पंजाब कांग्रेस अध्यक्ष राजा वड़िंग और प्रताप सिंह बाजवा ने भी सरकार पर निशाना साधा। राजा वड़िंग बोले- घर से बाहर निकलने में डर लगता है पंजाब कांग्रेस अध्यक्ष राजा वड़िंग ने कहा कि पंजाब के लोगों ने बड़ी उम्मीदों के साथ इस सरकार को चुना था, लेकिन आज स्थिति यह है कि पुलिस प्रशासन का उपयोग केवल विपक्षी नेताओं को दबाने के लिए किया जा रहा है, जबकि अपराधी बेखौफ घूम रहे हैं। उन्होंने पटियाला जैसे ऐतिहासिक शहर में भी लोगों के शाम को घर से निकलने में डरने की बात कही। त्रिपुरी की सड़कों पर कांग्रेस कार्यकर्ताओं का उत्साह साफ नजर आया। जिला, प्रखंड, संभाग और बूथ समितियों के पदाधिकारियों के अलावा बड़ी संख्या में वर्तमान और पूर्व पार्षदों ने इस मार्च में भाग लिया। विभिन्न प्रकोष्ठों के कार्यकर्ताओं ने हाथों में तख्तियां लिए और सरकार विरोधी नारे लगाए। प्रदर्शनकारियों का धन्यवाद करते हुए मोहित मोहिंद्र ने कहा कि जब तक पंजाब में कानून-व्यवस्था की स्थिति में सुधार नहीं होता, तब तक उनका संघर्ष जारी रहेगा।
अररिया के सदर अस्पताल में जीविका एवं स्वास्थ्य विभाग की संयुक्त पहल से 'जीविका स्वास्थ्य सहायता केंद्र' संचालित किया जा रहा है। 3 फरवरी 2023 को शुरू हुए इस केंद्र ने अब तक 26,533 मरीजों को सहायता प्रदान की है। यह केंद्र ग्रामीण और दूर-दराज के इलाकों से आने वाली जीविका दीदियों और उनके परिजनों को इलाज कराने में मददगार साबित हो रहा है। जीविका द्वारा संचालित यह हेल्प डेस्क दो शिफ्टों में कार्य करता है। वर्तमान में, अररिया सदर अस्पताल में 4 स्वास्थ्य मित्र इस हेल्प डेस्क के लिए कार्यरत हैं। जीविका दीदियों की मदद के लिए हेल्पलाइन नंबर भी जारी जीविका दीदियों की मदद के लिए एक हेल्पलाइन नंबर - 6299127130 भी जारी किया गया है। इस नंबर पर कॉल करके स्वास्थ्य सेवा संबंधी जानकारी, अस्पताल में पंजीकरण (पर्ची कटवाने), मरीज को भर्ती करवाने और डॉक्टर से परामर्श लेने में सहायता प्राप्त की जा सकती है। इस हेल्प डेस्क के बारे में समूह की बैठकों में भी चर्चा की जा रही है, ताकि अधिक से अधिक जरूरतमंदों तक इसकी जानकारी पहुंच सके। जीविका दीदियों का कहना है कि इस सेवा के शुरू होने से उन्हें अस्पताल में भटकना नहीं पड़ता और बेहतर इलाज करवाने में मदद मिलती है। वे अस्पताल आने से पहले ही हेल्पलाइन पर कॉल करके सभी जानकारियां प्राप्त कर लेती हैं, जिससे समय और पैसे दोनों की बचत होती है। स्वास्थ्य मित्र जीविका दीदियों के लिए काफी मददगार साबित जिले के दूर-दराज के गांवों से इलाज के लिए सदर अस्पताल आने वाली अन्य जीविका दीदियों को भी जीविका एवं स्वास्थ्य विभाग की यह संयुक्त पहल काफी सुविधाजनक लग रही है। यहां काम करने वाली स्वास्थ्य मित्र इलाज कराने आई जीविका दीदियों को फोन कॉल कर फॉलो अप भी करती रहती हैं। ताकि दीदियों को पूरी मदद मिल सके। साथ ही, किसी तरह की अधिक परेशानी होने पर उन्हें उपयुक्त स्वास्थ्य सेवा मिल सके। ऐसे में ये स्वास्थ्य मित्र जीविका दीदियों के लिए काफी मददगार साबित हो रही हैं।
राजस्थान के मकराना निवासी एक मार्बल व्यापारी बरेली में सूदखोरी और दबंगई के जाल में फंस गया है। बारादरी क्षेत्र के कट्कईयां निवासी रिजवान अहमद ने वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) को शिकायती पत्र देकर न्याय की गुहार लगाई है। आरोप है कि लॉकडाउन के दौरान लिए गए 20 लाख रुपये का मूलधन और ब्याज चुकाने के बाद भी स्थानीय दबंग उन्हें जान से मारने की धमकी दे रहे हैं और उनकी दुकान पर कब्जा करने की कोशिश कर रहे हैं। लॉकडाउन की मजबूरी और 2% ब्याज का जालरिजवान अहमद पिछले 13 वर्षों से मिनी बाईपास पर मार्बल का कारोबार कर रहे हैं। शिकायत के मुताबिक, करीब छह साल पहले स्वालेनगर निवासी मोहम्मद साजिद और इकबाल रजा से उनकी जान-पहचान हुई। दोनों ने खुद को इलाके का रसूखदार बताते हुए भरोसा जीता। लॉकडाउन में व्यापार घाटे में जाने पर रिजवान ने उनसे 2% मासिक ब्याज पर 20 लाख रुपये उधार लिए। आरोप है कि सुरक्षा के नाम पर दोनों ने उनसे हस्ताक्षर किए हुए चार ब्लैंक चेक ले लिए। कर्ज चुकाया, चेक नहीं लौटे; अब ‘महीना’ देने का दबावपीड़ित का दावा है कि जनवरी 2021 से वह हर महीने 1.25 लाख रुपये देते रहे और पूरा मूलधन व ब्याज चुका दिया। इसके बावजूद आरोपियों ने ब्लैंक चेक वापस नहीं किए। अब दोनों कथित रूप से हर महीने 1.25 लाख रुपये की रंगदारी देने का दबाव बना रहे हैं। मना करने पर दुकान पर कब्जा करने और अंजाम भुगतने की धमकी दी जा रही है। बंधक बनाने की कोशिशरिजवान के अनुसार, 22 जनवरी 2026 की रात करीब 10 बजे आरोपियों ने उन्हें घर बुलाकर बंधक बनाने की कोशिश की और हथियारों के बल पर धमकाया। वह किसी तरह जान बचाकर वहां से निकल पाए। थाने में सुनवाई न होने पर उन्होंने एसएसपी से शिकायत की। मामले की गंभीरता को देखते हुए एसएसपी के आदेश पर बारादरी थाने में मोहम्मद साजिद पुत्र वाहिद निवासी जागृतिनगर, स्वालेनगर किला और इकबाल रजा पुत्र स्व. महबूब खान निवासी करबला के पीछे, स्वालेनगर किला के खिलाफ बीएनएस की धारा 308(2) और 351(2) के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया गया है।
फरीदाबाद जिले में आयोजित 39वें अंतरराष्ट्रीय सूरजकुंड मेले में देर शाम हरियाणा की कैबिनेट मंत्री श्रुति चौधरी और उनकी माता राज्यसभा सांसद किरण चौधरी पहुंची। मेला परिसर में पहुंचते ही दोनों नेताओं का आयोजकों और स्थानीय प्रशासन की ओर से स्वागत किया गया। इसके बाद उन्होंने पूरे मेला क्षेत्र का भ्रमण किया और विभिन्न राज्यों तथा देशों से आए कारीगरों के स्टॉल्स पर जाकर उनसे बातचीत की। कई स्टॉलों का किया अवलोकन वहीं देर शाम मेले की रोशनी और सांस्कृतिक माहौल के बीच किरण चौधरी और श्रुति चौधरी ने हस्तशिल्प, हथकरघा और पारंपरिक वस्तुओं के स्टॉल्स का अवलोकन किया। इस दौरान कैबिनेट मंत्री श्रुति चौधरी कई स्टॉल्स पर सामान खरीदती हुई भी नजर आई। दोनों नेताओं ने कारीगरों के कार्य की सराहना की और उनके हुनर को आत्मनिर्भर भारत की मजबूती से जोड़ा। सांस्कृतिक धरोहर बन चुका मेला- किरण चौधरी राज्यसभा सांसद किरण चौधरी ने कहा कि सूरजकुंड मेला हरियाणा की पहचान और सांस्कृतिक धरोहर बन चुका है। उन्होंने कहा कि देश-विदेश से लोग यहां पहुंचकर भारत की समृद्ध संस्कृति, पारंपरिक वेशभूषा और हस्तकला को करीब से देखते और समझते हैं। उन्होंने कहा कि यह मेला केवल एक सांस्कृतिक आयोजन नहीं, बल्कि हजारों लोगों के रोजगार का मजबूत माध्यम है। प्रधानमंत्री के आत्मनिर्भर भारत के संकल्प के अनुरूप यहां हाथों से बनी वस्तुओं को विशेष बढ़ावा मिल रहा है। हर बार कुछ अनोखा मिलता है- श्रुति चौधरी वहीं कैबिनेट मंत्री श्रुति चौधरी ने कहा कि वह हर वर्ष सूरजकुंड मेले में आती हैं और हर बार उन्हें यहां कुछ नया और अनोखा देखने को मिलता है। उन्होंने कहा कि आज सूरजकुंड मेला हरियाणा और देश की सांस्कृतिक पहचान बन चुका है, जहां विभिन्न राज्यों और देशों की कला, संस्कृति और परंपराओं का अद्भुत संगम देखने को मिलता है। उन्होंने प्रधानमंत्री के 2047 तक विकसित भारत के लक्ष्य का उल्लेख करते हुए कहा कि ऐसे आयोजन देश को उस दिशा में आगे बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं।
असनावर में वाहन चोर गिरोह का पर्दाफाश:2 सदस्य गिरफ्तार, विभिन्न स्थानों से चोरी की 6 बाइक बरामद
झालावाड़ के असनावर थाना पुलिस ने वाहन चोर गिरोह का पर्दाफाश किया है। पुलिस ने गिरोह के दो सदस्यों को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से चोरी की गई कुल छह बाइक बरामद की हैं। गिरफ्तार किए गए आरोपियों की पहचान प्रकाश उर्फ ओमप्रकाश कंजर (21) पुत्र नागूसिंह कंजर निवासी जरेल, थाना सदर झालावाड़, और जयप्रकाश मीणा (35) पुत्र द्वारकालाल मीणा निवासी बडबेला, थाना मण्डावर, जिला झालावाड़ के रूप में हुई है। पुलिस ने इन आरोपियों से असनावर और अकलेरा थाना क्षेत्रों से चोरी की गई कुल छह बाइकें जब्त की हैं। पुलिस अधीक्षक अमित कुमार ने बताया कि 24 जनवरी को असनावर निवासी दिपेश पाटीदार पुत्र मोहनलाल पाटीदार ने अपने घर के सामने से बाइक चोरी होने की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। कुछ दिनों बाद असनावर कस्बे से एक और बाइक चोरी होने की घटना सामने आई, जिसे पुलिस ने गंभीरता से लिया। इन घटनाओं के बाद, सीआई नंदकिशोर के नेतृत्व में असनावर थाने की एक विशेष टीम का गठन किया गया। टीम ने चोरी वाले स्थानों पर सादे कपड़ों में लगातार निगरानी रखी और वाहन चोर गिरोह की पहचान सुनिश्चित की। गहन जांच और गोपनीय जानकारी के आधार पर पुलिस ने इन चोरों को पकड़ने में सफलता हासिल की।
बालाघाट जिले के तिरोड़ी थाना इलाके के पौनिया गांव में एक खेत में जल चुके पैरे (पुआल) के ढेर से इंसान का कंकाल मिला है। आशंका जताई जा रही है कि किसी की हत्या करने के बाद शव को यहां जलाया गया है। यह घटना रेखचंद राहंगडाले के खेत की है। बुधवार को परिवार के लोगों ने देखा कि पैरे के ढेर के पास कुछ कुत्ते किसी चीज को नोंच रहे हैं। जब उन्होंने पास जाकर देखा तो उनके होश उड़ गए। वहां एक मानव कंकाल पड़ा था। उन्होंने तुरंत पुलिस को इसकी खबर दी। हत्या की आशंका मौके पर पहुंची पुलिस और एफएसएल की टीम ने जांच-पड़ताल शुरू कर दी है। पुलिस का मानना है कि सबूत मिटाने के इरादे से लाश को पैरे के ढेर में डालकर आग लगाई गई होगी। 9 फरवरी की रात को इसी खेत में रखे पैरे के दो ढेरों में से एक में आग लगी थी, जिससे वह पूरी तरह जल गया था। शिनाख्त की कोशिश जारी एसडीओपी अभिषेक चौधरी ने बताया कि कंकाल किसी पुरुष का है। फिलहाल उसकी पहचान नहीं हो पाई है। पुलिस ने शव को कब्जे में ले लिया है और गुरुवार को उसका पोस्टमॉर्टम कराया जाएगा। आस-पास के थानों में गुमशुदा लोगों की जानकारी भी खंगाली जा रही है।
अकबरनगर में एनएच-80 पर ऑटो-बाइक की टक्कर, दो गंभीर घायल:भागलपुर के मायागंज अस्पताल में इलाज जारी
भागलपुर जिले के अकबरनगर थाना क्षेत्र के भट्टा के समीप एनएच-80 पर बुधवार को एक सड़क हादसा हो गया। तेज रफ्तार ऑटो ने एक बाइक को टक्कर मार दी, जिससे बाइक सवार दो लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। टक्कर इतनी भीषण थी कि बाइक सवार सड़क पर कुछ दूरी तक घिसटते चले गए। घटना के बाद आसपास मौजूद लोगों ने तुरंत दोनों घायलों को इलाज के लिए भागलपुर के मायागंज अस्पताल पहुंचाया। घायलों की पहचान सुल्तानगंज थाना क्षेत्र के बैंकठपुर निवासी धर्मेंद्र मंडल और उनके पुत्र कर्ण कुमार के रूप में हुई है। अस्पताल सूत्रों के अनुसार, बाइक चालक धर्मेंद्र मंडल की हालत गंभीर बनी हुई है, जबकि कर्ण कुमार का इलाज जारी है। घायल धर्मेंद्र मंडल के पुत्र कर्ण कुमार ने बताया कि वे अपने पिता के साथ बाजार से घर लौट रहे थे। इसी दौरान तेज रफ्तार ऑटो ने लापरवाही से उनकी बाइक में टक्कर मार दी, जिससे वे दोनों सड़क पर गिरकर गंभीर रूप से घायल हो गए। घटना की सूचना मिलते ही अकबरनगर थाना पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने दुर्घटनाग्रस्त ऑटो को जब्त कर लिया और मौके पर यातायात को सामान्य कराया। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है और कहा है कि जांच के बाद आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। स्थानीय लोगों का कहना है कि एनएच-80 पर तेज रफ्तार और लापरवाही से वाहन चलाने की घटनाएं लगातार बढ़ रही हैं, जिससे आए दिन सड़क हादसे हो रहे हैं। लोगों ने प्रशासन से इस मार्ग पर यातायात व्यवस्था सख्त करने और तेज रफ्तार वाहनों पर कार्रवाई करने की मांग की है।
पटना में बिहार पुलिस, बीपीएससी की तैयारी करने वाले फेमस शिक्षक गुरु एम रहमान को जान से मारने की धमकी मिली है। बताया जा रहा कि अज्ञात युवक ने कोचिंग में घुसकर गोली मारने और कोचिंग बंद करवाने की धमकी दी है। इस घटना के बाद इलाके में हड़कंप मच गया है। धमकी देने वाले युवक की तस्वीर कोचिंग में लगे CCTV कैमरे में कैद हो गई है। पुलिस को CCTV फुटेज भी सौंप दी गई है। जानकारी के अनुसार, गुरु एम रहमान गोपाल मार्केट स्थित अपने कोचिंग संस्थान “अदम्या अपिति गुरुकुल” चलाते हैं। उन्होंने पीरबहोर थाना में लिखित शिकायत देकर बताया कि 11 फरवरी 2026 को करीब शाम 4 बजे एक व्यक्ति उनके ऑफिस में घुस आया। आरोपी ने उन्हें गोली मारने की धमकी दी। कोचिंग बंद करने को कहा। इस दौरान आरोपी ने अभद्र और भड़काऊ भाषा का भी इस्तेमाल किया। कोचिंग के बच्चों-स्टाफ ने समझाकर बाहर निकाला शिकायत के मुताबिक, आरोपी लगातार धमकी देता रहा। कोचिंग में मौजूद छात्रों और स्टाफ ने किसी तरह समझा-बुझाकर उसे बाहर निकाला। घटना के बाद कोचिंग संचालक और स्टाफ में डर का माहौल है। पीरबहोर थाना में मामला दर्ज गुरु एम रहमान ने पुलिस से आरोपी के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई करने और अपनी जान-माल की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की है। फिलहाल पीरबहोर थाना पुलिस मामले की जांच में जुट गई है और आरोपी की पहचान करने की कोशिश की जा रही है। पुलिस का कहना है कि जल्द ही आरोपी को पकड़ लिया जाएगा।
राजस्थान की वित्त मंत्री एवं डिप्टी सीएम दिया कुमारी ने आज अपना तीसरा बजट पेश किया। इस बजट में झालावाड़ जिले को कई महत्वपूर्ण सौगातें मिली हैं। हालांकि, उद्योगों की स्थापना और थर्मल इकाई जैसी बड़ी घोषणाएं नहीं की गईं, जबकि जिले में रोजगार के लिए ग्रामीण क्षेत्रों से पलायन एक बड़ी समस्या है। स्वास्थ्य क्षेत्र में झालावाड़ जिला मुख्यालय स्थित मेडिकल कॉलेज को एमआरआई मशीन देने की घोषणा की गई है। यह घोषणा जिले की स्वास्थ्य सेवाओं के लिए एक बड़ी राहत मानी जा रही है। पर्यटन को बढ़ावा देने और पर्यटकों की सुविधा के लिए मुकुंदरा हिल्स के नोलाव गांव में एक नया गेट खोला जाएगा। इससे जिले में पर्यटन गतिविधियों को गति मिलने की उम्मीद है। इसके अतिरिक्त, छोटी कालीसिंध नदी और चाचोरनी में सिंचाई परियोजना पर काम किया जाएगा। इस परियोजना पर 1 हजार 622 करोड़ रुपये खर्च होने का अनुमान है, जिससे क्षेत्र में कृषि को लाभ मिलेगा। झालावाड़ जिले को क्या-क्या मिला... - झालावाड़ जिले में कोटा नागदा रेल खंड भवानीमंडी और चोमेहला में 47 करोड़ 31 लाख और 41 करोड़ 91 लाख रुपए आरओबी के निर्माण पर खर्च होंगे। - मनोहरथाना ,खानपुर क्षेत्र में 33/11 केवी जीएसएस निर्माण होंगे। मनोहरथाना मार्ग से देवरी-जागीर परवन नदी पर ऊंच स्तरीय पुल निर्माण पर 39 करोड़ खर्च होंगे। - मुंडला और दोबड़ी सड़क मार्ग पर 33 करोड रुपए से पुलिया निर्माण, भवानीमंडी में 15 एमएलडी क्षमता एसपी कार्य पर 36 करोड़ रुपए खर्च किए जाएंगे। - सीवरेज प्लांट क्षमता पर 18 करोड़ से कार्य होंगे, गढ़ पैलेस झालावाड़ के संरक्षण और जीर्णोद्धार कार्य भी किया जाएगा। - डग क्षेत्र के क्यासरा मंदिर विकास कार्य, जैल झालावाड़ में बंदी सुधार कार्य, झालावाड़ शहर में स्थित कृष्ण सागर तालाब मरम्मत व जीर्णोद्धार कार्य किए जाएंगे। - पिडावा क्षेत्र के सोंडवाड़ी इलाके में 5 ग्राम पंचायत पर 16 माइक्रो एरिकेशन टैंक लिंक चैनल पर एक करोड़ 50 लख रुपए खर्च होंगे, इसी तरह सूरजकुंड मरम्मत पर 2 करोड़ रुपए। - चवली बांध मुख्य नहर रायपुर डिस्टिब्यूटरी पर मरम्मत कार्य पर 16 करोड़ रुपए खर्च किए जाएंगे। साथ ही चंद्रभागा नदी झालरापाटन में फेज 2 के कार्य पर 7 करोड़ रुपए खर्च होंगे, जबकि जिले में गोदाम निर्माण कार्य पर 20 करोड़ के कार्य, डग, झालावाड़ सहित अन्य इलाकों में कराए जाएंगे। - पशु अस्पताल झालरापाटन में निर्माण कार्य पर 15 करोड़ रुपए खर्च होंगे। कांग्रेस विधायक ने बताया निराशाजनक बजट खानपुर विधानसभा से विधायक सुरेश गुर्जर ने कहा कि झालावाड़ का बजट निराशा जनक साबित हुआ है। उनकी विधानसभा में क्षेत्र के लोगों को केवल निराशा हाथ लगी है। इतिहास का सबसे खराब बजट है, आने वाले चुनाव में इसके परिणाम सामने आएंगे।
अररिया पुलिस अवर निरीक्षक कृष्णदेव प्रसाद का निधन:पटना के रहने वाले थे, श्रद्धांजलि सभा आयोजित
अररिया पुलिस लाइन में पदस्थापित पुलिस अवर निरीक्षक (पु०अ०नि०) कृष्णदेव प्रसाद का निधन हो गया। उनके निधन की सूचना मिलते ही पूरे पुलिस महकमे में शोक की लहर दौड़ गई। पुलिस अधिकारियों और कर्मियों के बीच गहरा दुख छा गया है। स्वर्गीय कृष्णदेव प्रसाद मूल रूप से पटना जिले के निवासी थे। उन्होंने अपने पूरे सेवा काल में कर्तव्यनिष्ठा, अनुशासन और समर्पण की मिसाल पेश की। सहकर्मी उन्हें एक सरल स्वभाव के कर्तव्यपरायण अधिकारी के रूप में याद करते हैं। हर जिम्मेदारी को पूरी निष्ठा और ईमानदारी से निभाया विभागीय अधिकारियों का कहना है कि उन्होंने हर जिम्मेदारी को पूरी निष्ठा और ईमानदारी से निभाया। उनका यह योगदान हमेशा स्मरणीय रहेगा। उनके निधन को पुलिस विभाग के लिए अपूरणीय क्षति बताया जा रहा है। निधन की खबर फैलते ही अररिया पुलिस लाइन में एक श्रद्धांजलि सभा का आयोजन किया गया। इस मौके पर अररिया के एसपी जितेंद्र कुमार, एसडीपीओ सुशील कुमार सहित बड़ी संख्या में पुलिस अधिकारी और कर्मी मौजूद रहे। सभी ने दो मिनट का मौन रखकर दिवंगत आत्मा की शांति की कामना की और उन्हें पुष्पांजलि अर्पित की। परिजनों के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त की श्रद्धांजलि सभा में अधिकारियों ने उनके परिजनों के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त की। इस दुख की घड़ी में पूरा अररिया पुलिस परिवार स्वर्गीय कृष्णदेव प्रसाद के शोक संतप्त परिजनों के साथ खड़ा है। पुलिस परिवार की ओर से ईश्वर से प्रार्थना की गई कि वे दिवंगत आत्मा को शांति प्रदान करें और परिवार को इस क्षति को सहने की शक्ति दें। पुलिस महकमे में उनके निधन से आई शून्यता को पूरा करना मुश्किल होगा। सहकर्मियों का कहना है कि उनकी सादगी, मेहनत और पुलिस सेवा के प्रति समर्पण की भावना आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा स्रोत बनी रहेगी। अररिया पुलिस ने आधिकारिक रूप से शोक व्यक्त करते हुए कहा है कि स्वर्गीय कृष्णदेव प्रसाद का योगदान विभाग के इतिहास में स्वर्णिम अक्षरों में अंकित रहेगा।
समस्तीपुर में बुधवार देर शाम बाइक सवार बदमाशों ने एक युवक को गोली मारकर जख्मी कर दिया। इस दौरान बीच बचाव करने पहुंची एक महिला को भी हाथ में गोली लगी है। वहीं एक बदमाशों को पकड़ कर उसकी स्थानीय लोगों ने पिटाई की। जिस कारण उसकी अस्पताल में मौत हो गई है। घटना दलसिंहसराय थाना क्षेत्र के अनुमंडल रोड की है। जख्मी युवक दलसिंहसराय गंज मोहल्ला का स्वर्गीय पवन पासवान का बेटा पप्पू पासवान है, जबकि जख्मी महिला इसी मोहल्ले की रमेश पासवान की पत्नी रेखा देवी है। दोनों का उपचार निजी अस्पताल में कराया गया। जहां से पप्पू की गंभीर स्थिति को देखते हुए डॉक्टर ने पीएमसीएच रेफर कर दिया। पप्पू को सीने और पीठ में चार गोली लगी है। परिवार के लोग उसे किसी निजी अस्पताल में ले गए हैं। मृतक बदमाश गंज मोहल्ला का ही सन्नी पासवान है। जिसका उपचार दलसिंहसराय अनुमंडलीय अस्पताल में चल रहा था। देर शाम पप्पू बाइक से दलसिंहसराय बाजार से अनुमंडल रोड गंज मोहल्ला स्थित घर की ओर जा रहा था। इसी दौरान पीछे से एक बाइक पर सवार होकर आए बदमाशों ने उसे रोक लिया और उस पर गोली चला दी। पप्पू ने एक बदमाश को पकड़ लिया यह देखकर बगल में तेल मील चलाने वाली महिला पप्पू को बचाने के लिए दौड़ी तो बदमाश ने उस पर भी गोली चला दी। जिससे गोली उसके बाएं हाथ में लगी। एक बदमाश को लोगों ने पीटा हल्ला होने पर एक बदमाश तो मौके से फरार हो गया, जबकि दूसरे बदमाश को लोगों ने पड़कर पीट-पीट कर अधमरा कर दिया। बाद में मौके पर पहुंची पुलिस ने बदमाश को अस्पताल पहुंचाया। जहां उसकी मौत हो गई। तीन साल पहले भी हुई थी पप्पू पर फायरिंग लोगों ने बताया कि करीब 3 साल पूर्व पप्पू पासवान पर बदमाशों ने फायरिंग की थी। हालांकि उस घटना में भी वह बाल बाल बच गया था। बताया जा रहा है कि मोहल्ला के ही सन्नी पासवान आदि से पप्पू की पुराना विवाद है। दलसिंहसराय के डीएसपी विवेक शर्मा ने बताया कि पप्पू पासवान के अलावा बीच बचाव करने आई महिला को भी गोली लगी है। लोगों ने एक बदमाश को भी पकड़ लिया, जिसकी जमकर पिटाई की । गोली से जख्मी पप्पू और महिला का उपचार चल रहा है। पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है। घटना के पीछे पुरानी अदावत की बात सामने आ रही है। फरार हुए बदमाश की पहचान कर ली गई है, जिसकी गिरफ्तारी को लेकर छापेमारी की जा रही है।
बालोतरा शहर के सिटी पार्क के पास बुधवार शाम करीब 5:30 बजे एक व्यक्ति की पानी के टांके में डूबने से मौत हो गई। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, व्यक्ति का पैर फिसलने से वो टांके में गिर गया था। टांके की ज्यादा गहराई के कारण वो बाहर नहीं निकल सका। गहराई ज्यादा होने से हुई मौत घटनास्थल पर मौजूद लोगों ने तुरंत तैराकों और सिविल डिफेंस टीम को सूचना दी। सूचना मिलने पर सिविल डिफेंस के जवान और स्थानीय तैराक गौतम गहलोत, जनक माली, विकास माली और सीताराम माली मौके पर पहुंचे। करीब 15 से 20 मिनट की मशक्कत के बाद व्यक्ति को टांके से बाहर निकाला जा सका। घटना की सूचना मिलते ही 108 एंबुलेंस मौके पर पहुंची। युवक को तत्काल बालोतरा के राजकीय नाहटा अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया। उत्तर प्रदेश के गोरखपुर का रहने वाला था युवक मृतक की पहचान उत्तर प्रदेश के गोरखपुर निवासी जयप्रकाश (50) पुत्र पंचक कुमार के रूप में हुई है। जयप्रकाश अपने बेटे के साथ बालोतरा में रहता था और पेशे से वेल्डिंग का काम करता था। घटना की जानकारी मिलने पर बालोतरा थाना अधिकारी हिंगलाजदान अपने जाप्ते के साथ घटनास्थल पर पहुंचे और स्थिति का जायजा लिया। पुलिस ने शव को अस्पताल की मॉर्च्यूरी में रखवा दिया है और परिजनों को सूचित कर दिया गया है। मामले में आगे कार्रवाई की जा रही है। …. ये खबर भी पढ़ें- पाली में होद में डूबने से मासूम की मौत:खेलते समय हुआ हादसा, मां घर के काम में व्यस्त थी
अंबिकापुर शहरी क्षेत्र में एसआईआर (विशेष संक्षिप्त पुनरीक्षण) के दौरान मतदाता सूची से कुछ लोगों के नाम हटाने को लेकर विवाद बढ़ गया है। कांग्रेस का आरोप है कि भाजपा से जुड़े कुछ पदाधिकारी और कार्यकर्ताओं ने नियमों का उल्लंघन कर ऑनलाइन फार्म-7 भरकर कुछ लोगों को मृत या दूसरे जगह स्थानांतरित दिखाया और उनके नाम हटाने की सिफारिश की। कांग्रेस ने तहसीलदार अंबिकापुर को ज्ञापन देकर एफआईआर दर्ज करने की मांग की है। कांग्रेस की ओर से राज्य निर्वाचन पदाधिकारी को जिला निर्वाचन अधिकारी के माध्यम से भेजी गई शिकायत में कहा गया है कि शहर में अब तक ऐसे 1143 मतदाताओं को चिन्हित किया गया है, जिनके नाम रूप से नियम विरुद्ध तरीके से काटने की कोशिश की गई। कांग्रेस का दावा है कि पूरे जिले में यह संख्या कई हजार हो सकती है। जिन लोगों का नाम काटने की सिफारिश की गई है, वे सभी ऐसे मतदाता हैं जो भाजपा के वोटर नहीं हैं। भाजपाईयों ने भरे फार्म, FIR की मांग शिकायत में भाजयुमो के प्रदेश कार्यसमिति सदस्य अंशुल श्रीवास्तव, पार्षद पति विकास गुप्ता, पार्षद प्रत्याशी रहे विशेष केशरवानी, पूर्व पार्षद अवधेश सोनकर सहित डेढ़ दर्जन से अधिक लोगों के नामों का उल्लेख करते हुए कांग्रेसियों ने आरोप लगाया गया है कि अलग-अलग पोलिंग बूथों के मतदाताओं के नाम हटाने के लिए ऑनलाइन फार्म-7 भरे गए। कांग्रेस का कहना है कि निर्वाचन नियमों के अनुसार शिकायतकर्ता उसी मतदान केंद्र का मतदाता होना चाहिए, जबकि 99 प्रतिशत मामलों में यह शर्त पूरी नहीं हुई। कांग्रेस का यह भी आरोप है कि जिन मतदाताओं के नाम हटाने की अनुशंसा की गई है, उनमें निर्वाचित पार्षद, पूर्व पार्षद और बीएलओ और अन्य शासकीय कार्यालयों में जिम्मेदार पदों पर कार्यरत लोग भी शामिल हैं, जो अभी भी संबंधित वार्ड में निवासरत हैं। कांग्रेस ने दोषियों पर कार्रवाई की मांग की मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी को दिए ज्ञापन में कांग्रेस ने मांग की है कि नियम विरुद्ध भरे गए सभी फार्म-7 को तत्काल निरस्त किया जाए, पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों पर कार्रवाई की जाए तथा भविष्य में केवल नियमानुसार प्राप्त आवेदनों को ही स्वीकार करने के निर्देश जारी किए जाएं। साथ ही वैध मतदाताओं के नाम अनावश्यक रूप से हटाए जाने से रोकने के लिए सुरक्षा उपाय सुनिश्चित करने की भी मांग की गई है। कांग्रेस पार्टी गलत जानकारी के साथ नियम विरुद्ध फार्म-7भरने वालो पर विभिन्न सम्बंधित थानों में FIR कराएगी। ज्ञापन सौंपने गए कांग्रेस के प्रतिनिधिमंडल में शहर कांग्रेस अध्यक्ष इंद्रजीत सिंह धंजल, आशीष वर्मा, पार्षद हसन खान, मेराज रंगरेज, शुभम जायसवाल, जीवन यादव, जमील खान, शानू मुखर्जी, अमित सिन्हा, अविनाश कुमार, अंशु सिंह, मिथुन सिंह सहित अन्य कांग्रेस पदाधिकारी शामिल रहे। तहसीलदार बोले-नाम काटे नहीं गए, जांच होगी इस मामले को लेकर अंबिकापुर तहसीलदार उमेश कुमार बाज ने कहा कि जिन मतदाताओं का नाम काटने के लिए फार्म 7 भरा गया है, उनका नाम काटा नहीं गया है। इसका भौतिक सत्यापन किया जाएगा। नियमानुसार मामले में कार्रवाई होगी।
मधुबनी के कलुआही प्रखंड में कार्यरत पंचायती राज विभाग के तकनीकी सहायक हरिनंदन कुमार को निगरानी विभाग की टीम ने बुधवार शाम 12,000 रुपये रिश्वत लेते गिरफ्तार कर लिया। यह कार्रवाई एक सप्लायर की शिकायत पर की गई। गिरफ्तारी के बाद निगरानी विभाग की टीम आरोपी तकनीकी सहायक को अपने साथ पटना ले गई। विभाग को शिकायत मिली थी कि हरिनंदन कुमार एक सप्लायर से कार्य वेरिफिकेशन की फोटो विभाग की साइट पर अपलोड करने के एवज में रिश्वत की मांग कर रहे थे। निगरानी विभाग के डीएसपी बोले- लंबे समय से मांग कर रहा रुपए निगरानी विभाग ने शिकायत की जांच की, जिसमें मामला सत्य पाया गया। इसके बाद विभाग ने जाल बिछाया और बुधवार शाम आरोपी को रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया। निगरानी विभाग पटना के डीएसपी मो. वसीम फिरोज ने बताया कि गिरफ्तार किया गया तकनीकी सहायक लंबे समय से पैसे की मांग कर रहा था। शिकायत मिलने पर यह कार्रवाई की गई। उन्होंने यह भी बताया कि पटना से आई निगरानी विभाग की नौ सदस्यीय टीम ने इस कार्रवाई को अंजाम दिया। अधिकारी की गिरफ्तारी के बाद मधुबनी जिले के अन्य अधिकारियों में हड़कंप मच गया है।
उदयपुर में टूरिस्ट के साथ लूट की नीयत से मारपीट करने वाले दो आरोपियों को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। जबकि, पुलिस बाकी फरार आरोपियों की तलाश कर रही है। उदयपुर रेलवे सिटी स्टेशन मेन रोड पर नटराज होटल के बाहर सोमवार को रात कुछ बदमाशों ने टूरिस्ट पर लूट की नीयत से पत्थर से हमला किया था। फिलहाल पुलिस आरोपियों से पूछताछ में जुट गई है। डीएसपी सूर्यवीर सिंह राठौड़ ने बताया कि आरोपी गणेश(24) पिता नारायण मोगिया निवासी रेलवे स्टेशन,उदयपुर और लक्ष्मण सिंह(23) उर्फ लखन पिता प्रभु सिंह निवासी रेलवे स्टेशन,उदयपुर को डिटेन किया है। पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि मोबाइल लूट की नीयत से उन्होंने टूरिस्ट के साथ मारपीट की थी। हालांकि, घटना में शामिल अन्य फरार आरोपियों की तलाश जारी है। सीसीटीवी फुटेज खंगालने के बाद 4 बदमाशों को किया था नामजद डीएसपी राठौड़ ने बताया कि मामला जानकारी में आने के बाद गंभीरता से लिया गया। सूरजपोल थाने से अलग-अलग टीमों का गठन कर घटना को अंजाम देने वाले बदमाशों की तलाश शुरू की गई। घटना स्थल के आसपास के सीसीटीवी फुटेज खंगाले। जिसमें 4 बदमाशों को नामजद किया गया। इनमें से दो को गिरफ्तार कर लिया है, बाकी दो आरोपियों की तलाश जारी है। जानिए, पूरा घटनाक्रम घटना सोमवार देर रात करीब 11:30 बजे की है। जब उदयपुर रेलवे सिटी स्टेशन मेन रोड पर नटराज होटल के बाहर टूरिस्ट लोकेन्द्र सिंह निवासी सीकर पर कुछ बदमाशों ने लूट की नीयत से हमला कर दिया था। हमलावरों ने किसी से बात करने के लिए उसका मोबाइल मांगा था। हमले में पीड़ित के दो दांत टूटे, होट फटा इस दौरान मोबाइल देने से मना करने पर बदमाशों ने पीड़ित के मुंह पर पत्थर मारा, जिससे उसका होट फट गया और दो दांत टूट गए थे। चेहरा खून से सन गया। घायल को राहगीरों की मदद से हॉस्पिटल पहुंचाया गया। वहीं, पर्यटन नगरी उदयपुर में रेलवे स्टेशन के बाहर टूरिस्ट के साथ हुई इस तरह की वारदात के बाद कानून व्यवस्था पर सवाल उठे थे। इसके बाद डीएसपी सूर्यवीर सिंह ने मामले को गंभीरता से लेते हुए सख्त कार्रवाई को अंजाम दिया। --------------------- मामले से जुड़ी ये खबर भी पढ़िए… रेलवे स्टेशन बाहर टूरिस्ट पर लूट की नियत से हमला:मुंह पर पत्थर मारकर युवक को किया घायल, पर्यटन नगरी में कानूनी व्यवस्था पर उठे सवाल उदयपुर रेलवे सिटी स्टेशन मैन रोड पर नटराज होटल के बाहर बीती देर रात एक टूरिस्ट पर कुछ बदमाशों ने लूट की नियत से हमला कर दिया। हमलावरों ने युवक के मुंह पर पत्थर मारा, जिससे उसका होट फट गया और दो दांत टूट गए। चेहरा खून से सन गया। घायल ने तुरंत फोन से पुलिस को सूचना दी लेकिन आधे घंटे तक पुलिस नहीं पहुंची। (पूरी खबर पढ़ें)
किशनगंज शहर के सिटी तघरिया में सदर थाना पुलिस ने एक नाबालिग लड़के को 100 ग्राम से अधिक ब्राउन शुगर जैसे मादक पदार्थ के साथ पकड़ा है। पुलिस ने गुप्त सूचना के आधार पर त्वरित कार्रवाई करते हुए यह गिरफ्तारी की। पुलिस को सिटी तघरिया के समीप मादक पदार्थ की डिलीवरी की सूचना मिली थी। इसके बाद, पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर नाबालिग को हिरासत में लिया। तलाशी के दौरान उसके पास से 100 ग्राम से अधिक ब्राउन शुगर बरामद हुई। मादक पदार्थ मिलने के बाद नाबालिग को तुरंत थाना लाया गया। दो युवकों ने यह पैकेट 'मुल्तानी मिट्टी' कहकर दिया पूछताछ में नाबालिग ने पुलिस को बताया कि दो युवकों ने उसे यह पैकेट 'मुल्तानी मिट्टी' कहकर दिया था। युवकों ने उसे बताए गए स्थान पर पहुंचाने के बदले एक हजार रुपये देने का वादा किया था।पुलिस ने उन दोनों युवकों की पहचान कर ली है, जिन्होंने नाबालिग को मादक पदार्थ दिया था। पुलिस अब उनकी तलाश में जुट गई है और मामले की गहनता से पड़ताल कर रही है। ''जिले में नशे के विरुद्ध एक विशेष अभियान चलाया जा रहा'' एसडीपीओ वन गौतम कुमार ने इस संबंध में जानकारी देते हुए बताया कि जिले में नशे के विरुद्ध एक विशेष अभियान चलाया जा रहा है। इसी अभियान के तहत यह कार्रवाई की गई है। पुलिस आगे की कानूनी कार्रवाई कर रही है।
अतिरिक्त क्षेत्रीय विकास आयुक्त कुशाल कोठारी ने बुधवार को सीएडी नहरों का औचक निरीक्षण किया। उन्होंने बूंदी ब्रांच के प्रगतिरत कार्यों और नहरों में छोड़े गए पानी के प्रवाह का जायजा लिया। कोठारी ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि हेड की वितरिकाओं में जल प्रवाह पूरा होने के बाद आगामी सप्ताह में टेल (अंतिम छोर) क्षेत्रों में पानी छोड़ा जाए। उन्होंने माटूंदा, रामगंज, तालेडा और जाखमुंड क्षेत्रों का दौरा कर बूंदी ब्रांच की स्थिति का जायजा लिया। अतिरिक्त क्षेत्रीय विकास आयुक्त ने यह भी सुनिश्चित करने को कहा कि किसानों को सिंचाई के लिए समय पर पानी मिले, यह उनकी प्राथमिकता होनी चाहिए। निरीक्षण के दौरान, अतिरिक्त क्षेत्रीय विकास आयुक्त ने नहरों पर चल रहे निर्माण और मरम्मत कार्यों की गुणवत्ता बनाए रखने के सख्त निर्देश दिए। उन्होंने नरेगा के तहत चल रहे जलकुंभी सफाई अभियान का भी निरीक्षण किया और सफाई व्यवस्था पर लगातार नजर रखने को कहा। इस अवसर पर उपनिदेशक (क्षेत्रीय विकास आयुक्त) कृष्ण मुरारी, सीएडी के अधिशाषी अभियंता अरविंद मीना, सहायक अभियंता मनीष कुमार व नितेश जैन, कनिष्ठ अभियंता महावीर मीना, नाथूलाल सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे।
भागलपुर जिले के सुलतानगंज थाना क्षेत्र के मसदी गांव में जमीन विवाद को लेकर एक महिला ने अपने देवर पर ईंट से हमला कर दिया। इस हमले में शिव शंकर मंडल गंभीर रूप से घायल हो गए। उन्हें बचाने आई उनकी बेटी प्रीति के साथ भी मारपीट की गई। पीड़ित शिव शंकर मंडल ने आरोप लगाया कि उनके कोई पुत्र नहीं हैं, केवल तीन बेटियां हैं। इसी कारण उनके भाई और भाभी लंबे समय से उनकी जमीन हड़पने की कोशिश कर रहे हैं। 7 फरवरी को जब वे अपनी जमीन पर चौकी पर बैठे थे, तभी उनके भाई की पत्नी अनीशा देवी वहां पहुंचीं और जमीन के हिस्से को लेकर विवाद करने लगीं। विवाद बढ़ने पर अनीशा देवी ने ईंट उठाकर शिव शंकर मंडल के सिर पर हमला कर दिया। जब उनकी बेटी प्रीति अपने पिता को बचाने पहुंची, तो आरोपी महिला ने उसके साथ भी मारपीट की। गंभीर रूप से घायल पिता-पुत्री को पहले सुलतानगंज रेफरल अस्पताल ले जाया गया। प्राथमिक उपचार के बाद उनकी गंभीर हालत को देखते हुए उन्हें मायागंज अस्पताल रेफर कर दिया गया। पीड़िता प्रीति ने बताया कि उनका परिवार लंबे समय से जमीन विवाद को लेकर प्रताड़ना झेल रहा है। उन्होंने जानकारी दी कि वर्ष 2023 में भी इसी विवाद को लेकर मारपीट हुई थी, जिसमें उनके चाचा के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई थी। हालांकि, कोर्ट से जमानत मिलने के बाद आरोपियों की दबंगई बढ़ गई थी। बुधवार को पीड़ित परिवार ने सुलतानगंज थाना में लिखित शिकायत दर्ज कराई है। पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है और आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई का आश्वासन दिया है। घटना के बाद गांव में तनाव का माहौल बना हुआ है।

