लोक अदालत के प्रचार के लिए पीआरवी वैन रवाना:जस्टिस मलखान सिंह ने दिखाई हरि झंडी, जगरूक करना अभियान
लखनऊ में शनिवार को पआयोजित होने वाली राष्ट्रीय लोक अदालत के व्यापक प्रचार-प्रसार के लिए बुधवार को जनपद न्यायालय परिसर से पीआरवी वाहन को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया गया। न्यायाधीश एवं जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के अध्यक्ष मलखान सिंह ने सुबह 10 बजे वाहन को रवाना किया। राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण नई दिल्ली और उत्तर प्रदेश राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण लखनऊ के निर्देश पर 9 मई 2026 को जनपद न्यायालय, कलेक्ट्रेट और जिले की सभी तहसीलों में राष्ट्रीय लोक अदालत आयोजित होगी। इसके प्रचार के लिए पीआरवी वाहन शहर के साथ-साथ तहसीलों, ब्लॉकों और दूरदराज के इलाकों में जाकर लोगों को जागरूक करेगा। कार्यक्रम में राष्ट्रीय लोक अदालत के नोडल अधिकारी एवं अपर जिला जज प्रकाश तिवारी, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के सचिव श्री कुँवर मित्रेश सिंह कुशवाहा, पुलिस उपायुक्त एवं नोडल अधिकारी किरन यादव सहित न्यायिक अधिकारी, कर्मचारी, पराविधिक स्वयंसेवक, पैनल अधिवक्ता और डिफेंस काउंसिल मौजूद रहे।
गोरखपुर रेलवे स्टेशन पर जब्त हुई अवैध पानी की बोतलें:ट्रेन में लादकर सप्लाई की तैयारी हो रही थी
गर्मी के मौसम में यात्रियों को साफ और सुरक्षित खानपान उपलब्ध कराने के लिए पूर्वोत्तर रेलवे ने विशेष अभियान शुरू किया है। रेलवे प्रशासन लगातार ट्रेनों और स्टेशनों पर खाद्य एवं पेय पदार्थों की गुणवत्ता की जांच कर रहा है, ताकि यात्रियों को शुद्ध पानी और स्वच्छ खाद्य सामग्री मिल सके। इसी अभियान के तहत 7 मई को गोरखपुर जंक्शन रेलवे स्टेशन पर बड़ी कार्रवाई की गई। गोरखपुर स्टेशन के प्लेटफार्म नंबर-9 पर निरीक्षण के दौरान लगभग 1800 अनधिकृत पानी की बोतलें जब्त की गईं। ये बोतलें विभिन्न ट्रेनों में सप्लाई के लिए रखी गई थीं। यह कार्रवाई सहायक वाणिज्य प्रबंधक गोरखपुर प्रशांत मिश्रा की अगुवाई में की गई। निरीक्षण के दौरान टीम ने पाया कि बिना अनुमति और संदिग्ध गुणवत्ता वाली पानी की बोतलों को ट्रेनों में भेजने की तैयारी की जा रही थी। इसके बाद रेलवे अधिकारियों ने तुरंत सभी बोतलों को जब्त कर आवश्यक कार्रवाई शुरू कर दी। रेलवे अधिकारियों के मुताबिक गर्मी के मौसम में पानी और खाद्य पदार्थों की मांग बढ़ जाती है। ऐसे में यात्रियों की सेहत को ध्यान में रखते हुए रेलवे प्रशासन लगातार निगरानी कर रहा है। अभियान के दौरान अनधिकृत वेंडरों और बिना मानक वाले खाद्य एवं पेय पदार्थ बेचने वालों पर सख्त कार्रवाई की जा रही है। पूर्वोत्तर रेलवे के प्रमुख मुख्य वाणिज्य प्रबंधक प्रकाश चन्द्र जायसवाल के मार्गदर्शन और मुख्य वाणिज्य प्रबंधक/यात्री सेवाएं जे.पी. सिंह के निर्देशन में यह अभियान चलाया जा रहा है। रेलवे प्रशासन का कहना है कि यात्रियों को स्वच्छ और शुद्ध खानपान उपलब्ध कराने के लिए यह अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा। रेलवे ने यात्रियों से भी अपील की है कि वे केवल अधिकृत विक्रेताओं से ही खाद्य एवं पेय पदार्थ खरीदें और किसी भी शिकायत की जानकारी तुरंत रेलवे अधिकारियों को दें।
मुरादाबाद में पिछले 15 दिन में अवैध खनन कर भागते डंपरों की चपेट में आने से 12 से अधिक लोगों की जान जा चुकी है। ठाकुरद्वारा, कुंदरकी और मेनौठेर में अलग-अलग तारीखों में बेहताशा सड़क पर दौड़ते इन डंपरों ने ऑटो,ट्रैक्टर ट्राली और बाइक सवारों को कुचलकर मार डाला। मौत भी ऐसी कि, लाशें दूर तक बिखरी मिलीं। लेकिन बावजूद इसके इन डंपरों पर प्रभावी रोक नहीं लग सकी है। SSP सतपाल अंतिल की सख्ती के बावजूद कुछ थाना प्रभारियों की शह पर ये डंपर अभी भी सड़कों पर मौत के ये ‘यमदूत’ बनकर दौड़ रहे हैं। मुरादाबाद में मझोला थाना क्षेत्र में सोनकपुर बाईपास पर बीते 2 दिनों से यही हाल है। बजरंग दल के एक नेता के 15 से अधिक डंपर यहां दिनढले से सड़क पर दौड़ना शुरू हो जाते हैं। मझोला पुलिस के अलावा ये डंपर हर किसी को नजर आ रहे हैं। हैरानी की बात ये है कि मझोला पुलिस की मौजूदगी और जानकारी में ये पूरा खेल चल रहा है और पुलिस की ओर से अभी तक इस मामले में कोई कार्रवाई नहीं की गई है। सोनकपुर बाईपास पर पुलिस चौकी शाहपुर तिगरी क्षेत्र में चैतिया फार्म हाउस के पास 2 खेतों का पटान पिछले दो दिन से शुरू हुआ है। लंबे समय से यहां खेतीबाड़ी होती चली आ रही थी। लेकिन अब दो दिन से इसे पाटने के लिए 15-20 डंपर कतार से काम कर रहे हैं। लगातार बालू ढोकर इसे पाटने का काम किया जा रहा है। गुरुवार को शाम 7 बजे से ही यहां डंपर दौड़ना शुरू हो गए। रोकटोक न हो इसके लिए बजरंग दल का एक अहम पदाधिकारी खुद मौके पर खड़ा था। मझोला पुलिस के दो सिपाही मौके पर पहुंचे भी लेकिन वो बजरंग दल नेता को देखकर ठिठक गए। नेता ने फोन पर किसी से बात कराई और सिपाही मौन वहीं खड़े हो गए। इसके बाद पुलिस की नजरों के सामने ही डंपरों के आने जाने का क्रम चला रहा। पास में ही बजरंग दल नेता की स्कार्पियो गाड़ी भी खड़ी थी। दरअसल पुलिस गोकशी जैसे मामलों को लेकर इन नेताओं के प्रेशर में रहती है। खनन करा रहे नेताजी गोकशी के मामलों में बड़े मुखर होकर प्रदर्शन करते हैं। इसलिए पुलिस भी उनके अवैध खनन के धंधे से आंखें मूंदे है। पता नहीं कहां कंकाल मिल जाए और पुलिस के खिलाफ नेताजी प्रदर्शन शुरू कर दें। ऐसे में पुलिस भी अवैध खनन के इस खेल से नजरें फेरे है।बजरंग दल नेता ने दैनिक भास्कर को अपने पक्ष के रूप में खनन की परमिशन का एक लेटर दिया है। इसमें परमिशन किसी भूपेंद्र नाम के व्यक्ति पर जारी हुई है। इसमें सिर्फ एक डंपर की परमिशन दी गई है। ये परमिशन 7 मई की रात 9:33 से 8 मई की दोपहर तक के लिए है। लेकिन मौके पर रॉयल्टी चोरी करके 15-20 डंपर दौड़ाए जा रहे हैं।
नौकरी पाने के लिए बनाया फर्जी टेंडर:भाजपा के नाम पर 30 करोड़ का फर्जी टेंडर वायरल; आरोपी गिरफ्तार
पुलिस थाना अशोकनगर ने भारतीय जनता पार्टी के पदाधिकारियों के नाम और लेटरहेड का दुरुपयोग कर 30 करोड़ रुपये का फर्जी टेंडर सोशल मीडिया पर वायरल करने वाले आरोपी को महज 12 घंटे में गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने आरोपी के कब्जे से मोबाइल फोन और लैपटॉप भी जब्त किए हैं। डीसीपी साउथ राजर्षि राज ने बताया कि बुधवार को अजय कुमार विजयवर्गीय द्वारा थाने में शिकायत दी गई थी। शिकायत में बताया गया कि किसी अज्ञात व्यक्ति ने भाजपा पदाधिकारियों के नाम, लेटरहेड और संगठनात्मक पहचान का दुरुपयोग करते हुए फर्जी दस्तावेज तैयार कर सोशल मीडिया पर प्रसारित किए हैं। अमित मालवीय और मदन राठौड़ के नाम का इस्तेमाल पुलिस के अनुसार वायरल दस्तावेजों में “NAMODOOT RAJASTHAN CAMPAIGN Election Outreach Ground Mobilisation Programme” नाम से कथित आरएफपी दस्तावेज तैयार किया गया था। इसमें भाजपा आईटी सेल नई दिल्ली और अमित मालवीय के नाम का उपयोग करते हुए 30 करोड़ रुपये के कथित टेंडर, ईएमडी और अन्य वित्तीय जानकारियां दर्शाई गई थीं। इसके अलावा एक अन्य पत्र में मदन राठौड़ के नाम और भाजपा लेटरहेड का इस्तेमाल किया गया था। फर्जी टेंडर प्रक्रिया में ईएमडी राशि जमा कराने के लिए एसबीआई खाते की जानकारी भी साझा की गई, जो भाजपा का अधिकृत खाता नहीं था। 12 घंटे में आरोपी तक पहुंची पुलिस मामले की गंभीरता को देखते हुए ललित शर्मा और बालाराम के निर्देशन में थानाधिकारी मोतीलाल शर्मा के नेतृत्व में टीम गठित की गई। जांच के दौरान पुलिस ने आरोपी पुलकित गुप्ता निवासी महेशनगर जयपुर की पहचान कर उसे गिरफ्तार कर लिया। नौकरी पाने के लिए बनाया फर्जी टेंडर पुलिस जांच में सामने आया कि आरोपी ने सोशल मीडिया प्रचार-प्रसार से जुड़ी एक बड़ी कंपनी में नौकरी पाने के उद्देश्य से लैपटॉप, इंटरनेट और एआई तकनीक की मदद से भाजपा के नाम पर फर्जी और कूटरचित दस्तावेज तैयार किए। इसके बाद 30 करोड़ रुपये के मनगढ़ंत टेंडर को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर वायरल कर दिया। पुलिस ने आरोपी के कब्जे से वारदात में प्रयुक्त मोबाइल फोन और लैपटॉप जब्त कर लिए हैं तथा मामले में गहन अनुसंधान जारी है।
भोपाल के मीनाल रेसिडेंसी स्थित फिनिक्स गैस एजेंसी की जांच में अवैध वसूली का खुलासा हुआ है। रिपोर्ट की माने तो घरों में सिलेंडर की सप्लाई के नाम पर हर महीने 2 लाख रुपए की वसूली की जा रही है। वहीं, सुरक्षा राशि के नाम पर 10 लाख रुपए ग्राहकों से ले लिए गए। बावजूद जिम्मेदार अफसर मेहरबान है। एजेंसी बहाल तो हो गई, लेकिन लोगों को सिलेंडर नहीं मिल रहे। इसी एजेंसी से ग्राहक मनोज ने 28 अप्रैल को सिलेंडर के लिए बुकिंग कराई थी, लेकिन 7 मई तक सिलेंडर घर नहीं पहुंचा। ऐसे मनोज ही नहीं सैकड़ों ग्राहक है, जो हर रोज परेशान हो रहे हैं। बावजूद जिम्मेदार समस्या दूर नहीं कर पा रहे। इसी बीच एजेंसी से जुड़ा बड़ा खुलासा हुआ है। दरअसल, खाद्य विभाग ने 15, 17 और 18 अप्रैल ने इस एजेंसी की जांच की थी। इसके बाद कलेक्टर को रिपोर्ट सौंपी गई थी। यहां मिली अनियमितताओं के बाद एजेंसी को सस्पेंड कर दिया गया था, लेकिन 12 दिन बाद ही 6 मई को इसे बहाल कर दिया गया। फूड कंट्रोलर चंद्रभान सिंह जादौन ने बताया कि इस मामले में प्रकरण एडीएम कोर्ट में लंबित है। जिनके यहां सिलेंडर नहीं पहुंच रहे, वहां पहुंचाने के आदेश दिए गए हैं। ये मिली थीं गड़बड़ी
मथुरा में भाजपा नेता पर हमला:आधा दर्जन अज्ञात लोगों ने मारी गोली,इलाज के लिए अस्पताल में कराया भर्ती
मथुरा के थाना वृंदावन कोतवाली इलाके में यमुना पुल पर भाजपा नेता पर आधा दर्जन से ज्यादा लोगों ने हमला कर दिया। अज्ञात लोगों ने बाइक पर आ रहे भाजपा नेता को रोका और उसको गोली मार दी। गोली लगने से घायल हुए भाजपा नेता को इलाज के लिए अस्पताल ले जाया गया। वारदात की जानकारी मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंच गई और हमला करने वाले लोगों की तलाश में जुट गई। नए पुल पर हुई वारदात भाजपा युवा मोर्चा से जुड़े प्रमेंद्र उर्फ पम्मी गोस्वामी गुरुवार की देर रात अपनी बाइक से पानीगांव की तरफ से वृंदावन आ रहे थे। पम्मी जैसे ही यमुना पर बने नए पुल पर पहुंचे तभी वहां पीछे से आए आधा दर्जन से ज्यादा अज्ञात लोगों ने हमला बोल दिया। अज्ञात लोगों ने पम्मी को पहले मारा पीटा और फिर गोली मार दी। जिससे वह घायल हो गए। यमुना में फेंकना चाहते थे हमलावर घायल अवस्था में पम्मी गोस्वामी को जिला संयुक्त चिकित्सालय लाया गया। जहां पम्मी ने बताया कि वह नहीं जानता गोली मारने वाले कौन थे,वह लोग गोली मारने के बाद यमुना में फेंकना चाहते थे। घायल अवस्था में अस्पताल पहुंचा पम्मी डॉक्टरों से बचाने की गुहार लगा रहा था। पम्मी की गंभीर स्थिति को देखते हुए डॉक्टरों ने उसे हायर सेंटर रेफर किया। जिसके बाद परिजन उसे इलाज के लिए निजी अस्पताल ले गए। जांच में जुटी पुलिस भाजपा नेता को गोली मारने की जानकारी मिलते ही पुलिस अस्पताल पहुंच गई। जहां पम्मी गोस्वामी से पूरी वारदात की जानकारी की। इसके बाद पुलिस गोली मारने वाले लोगों की तलाश में जुट गई। थाना प्रभारी संजय पांडे ने बताया कि पीड़ित हमलावरों को अज्ञात बता रहा है,अभी विवाद की वजह स्पष्ट नहीं है। हमलावरों की तलाश की जा रही है।
ग्वालियर के मुरार थाना क्षेत्र स्थित बड़ागांव खुरैरी में घूरकर देखने की बात पर हुए विवाद में पड़ोसी की गोली मारकर हत्या करने के मामले में पुलिस ने गुरुवार को एक और आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। घटना के बाद से फरार अन्य आरोपियों की तलाश में क्राइम ब्रांच और मुरार थाना पुलिस लगातार दबिश दे रही है। क्षेत्र में तनाव की स्थिति को देखते हुए आरोपियों के घरों के बाहर पुलिस गार्ड तैनात किया गया है। एएसपी अनु बेनीवाल ने बताया कि वारदात के बाद आरोपी अपने घरों पर ताले लगाकर फरार हो गए थे। पुलिस ने कार्रवाई करते हुए आरोपी अनार सिंह और राजपाल पुत्र दारू पाल को गिरफ्तार कर लिया है। दोनों से पूछताछ की जा रही है, जबकि अन्य फरार आरोपियों की तलाश जारी है। पुलिस जांच में सामने आया है कि विवाद की शुरुआत एक-दूसरे को घूरकर देखने की बात से हुई थी। इसके बाद दोनों पक्षों में कहासुनी और पथराव हुआ। पथराव के दौरान आरोपी पक्ष के राजपाल के सिर में पत्थर लगने से गंभीर चोट आई थी और उसे 12 टांके आए थे। इसके बाद आरोपी पक्ष ने फायरिंग कर दी, जिसमें रमेश पाल की गोली लगने से मौत हो गई। पुलिस के मुताबिक, खुरैरी गांव निवासी रमेश पाल का अपने पड़ोसियों अनार सिंह, सुखवीर, रामू और राजपाल से लंबे समय से विवाद चल रहा था। मंगलवार देर रात रमेश अपनी बहन के यहां आयोजित शादी समारोह में भात देने जा रहा था। बाजार से लौटते समय उसकी मुलाकात अनार सिंह से हुई, जिसके बाद दोनों के बीच विवाद शुरू हो गया। देखते ही देखते मामला हिंसक झड़प में बदल गया और दोनों पक्षों के बीच जमकर पथराव हुआ। आरोप है कि इसके बाद आरोपी मकान की छत पर चढ़ गए और फायरिंग शुरू कर दी। गोली लगने से रमेश पाल गंभीर रूप से घायल हो गया और उसकी मौके पर ही मौत हो गई। घटना में उसकी पत्नी और बेटे को भी छर्रे लगने से चोटें आई हैं। पुलिस मामले की जांच कर रही है। ये खबर भी पढ़ें… ग्वालियर में घूरकर देखने पर पड़ोसी की गोली मारकर हत्या ग्वालियर में घूरकर देखने के विवाद में दो पड़ोसियों में झगड़ा हो गया। इस बीच एक पक्ष ने रायफल से करीब 20 राउंड फायर किए, जिसमें एक शख्स की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि छर्रे लगने से उसकी पत्नी और एक बेटा घायल हैं। दूसरे बेटे को लाठी लगी है।पूरी खबर पढ़ें
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने नागरिकों की सुरक्षा के प्रति पुलिस के रवैये पर गहरी असंतोष व्यक्त करते हुए कहा कि मानव जीवन की रक्षा करना राज्य की प्राथमिक चिंता होनी चाहिए, न कि केवल हत्यारों को न्याय के कटघरे में लाना। न्यायमूर्ति जे.जे. मुनीर और न्यायमूर्ति तरुण सक्सेना की पीठ ने एक कड़े बयान में कहा कि मानव जीवन की रक्षा के प्रति कानून-व्यवस्था एजेंसियों की संवेदनशीलता हमेशा से कम रही है और अभी भी कम ही है । एसएसपी बदायूं पर तीखी टिप्पणी पुलिस सुरक्षा की मांग करने वाले याची नानक राम द्वारा दायर रिट याचिका के जवाब में वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी), बदायूं को फटकार लगाते हुए हाईकोर्ट ने ये तीखी टिप्पणियां की। याची नानकराम ने पारिवारिक भूमि विवाद को लेकर 5 व्यक्तियों से अपने जीवन को गंभीर खतरा होने की आशंका जताते हुए एसएसपी से सुरक्षा की गुहार लगाई थी। याचिका पर सुनवाई करते हुए, न्यायालय ने संबंधित एसएसपी को याचिकाकर्ता की खतरे की आशंका का मूल्यांकन करने और सुरक्षा प्रदान करने के उनके मामले के संबंध में उठाए गए कदमों को रेखांकित करते हुए एक व्यक्तिगत हलफनामा दाखिल करने का निर्देश दिया था। हलफनामे में साफ नहीं हालांकि, 4 मई को, जब हाईकोर्ट ने हलफनामे का अवलोकन किया और इसे 'अस्पष्ट' पाया क्योंकि इसमें केवल पक्षों के बीच विवाद की उत्पत्ति और पुलिस द्वारा दोनों पक्षों के खिलाफ धारा 170/126/135 बीएनएसएस के तहत की गई निवारक कार्रवाई का विवरण दिया गया था। न्यायालय ने टिप्पणी की कि विवाद को समझने का कार्य संभवतः किसी 'दारोगा' की बुद्धिमत्ता पर छोड़ दिया गया था । एसएसपी अंकिता शर्मा द्वारा दायर किए गए हलफनामे में यह भी उल्लेख किया गया है कि आरोपी के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई थी, चार्जशीट दायर की गई थी और बीट कांस्टेबलों को गांव में गश्त करने का निर्देश दिया गया था। हलफनामे में यह निष्कर्ष निकाला गया कि गांव शांतिपूर्ण था और पक्षों के बीच मुख्य मुद्दा केवल भूमि विभाजन और पारिवारिक दुश्मनी का था। इन कथनों को जीवन के खतरे के दावे के पर्याप्त जवाब के रूप में प्रस्तुत किए जाने पर आपत्ति जताते हुए, कोर्ट ने टिप्पणी की: अपराध का घटित होना एक बात है, शांति बनाए रखना दूसरी, लेकिन याचिकाकर्ता द्वारा अपने जीवन को खतरे का जो आरोप लगाया गया है, वह बिल्कुल अलग है। हम पाते हैं कि याचिकाकर्ता द्वारा बताए गए खतरे के प्रति वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक का रवैया उदासीन है। पीठ ने आगे टिप्पणी की कि यदि कल याचिकाकर्ता को प्रतिवादी संख्या 4 से 8 द्वारा गोली मार दी जाए या किसी अन्य तरीके से हमला किया जाए, तो धारा 170/126/135 बीएनएसएस के तहत सुरक्षा कार्यवाही शुरू करने से उसे वापस जीवन नहीं मिलेगा । कोर्ट ने कहा जैसा कि पहले ही कहा जा चुका है, अपराधियों को दंडित करना पूरी तरह से अलग बात है, और यह अपने आप में किसी मानव जीवन को नहीं बचाता है। यह केवल सैद्धांतिक रूप से भविष्य के अपराधों को रोकने का काम करता है, लेकिन अनुभव बताता है कि इससे शायद ही कोई रोकथाम होती है । कोर्ट ने एस एस पी को एक और हलफनामा दाखिल करने का निर्देश दिया कि याचिकाकर्ता को किसी दुर्भाग्यपूर्ण घटना से बचाने के लिए वह क्या सुरक्षा उपाय करने की योजना बना रही हैं। न्यायालय ने अब इस मामले की सुनवाई 13 मई को निर्धारित की है।
प्रयागराज में जनगणना-2027 का पहला चरण शुरू:अब लोग खुद ऑनलाइन भर सकेंगे मकान और परिवार की जानकारी
प्रयागराज में जनगणना-2027 के तहत मकान सूचीकरण और स्वगणना का कार्य गुरुवार से शुरू हो गया। इस बार जनगणना पूरी तरह डिजिटल तरीके से कराई जा रही है। नागरिक अब घर बैठे ऑनलाइन पोर्टल पर अपने मकान और परिवार की जानकारी दर्ज कर सकेंगे। मनीष कुमार वर्मा ने स्वयं पोर्टल पर अपने आवास की स्वगणना कर आईडी नंबर प्राप्त किया। उन्होंने लोगों से भी पोर्टल के माध्यम से स्वप्रेरणा से जनगणना में भाग लेने की अपील की। 7 मई से 21 मई तक कर सकेंगे स्वगणना प्रशासन के अनुसार जनगणना के पहले चरण को दो हिस्सों में बांटा गया है। 7 मई से 21 मई तक नागरिक स्वयं ऑनलाइन पोर्टल पर अपनी जानकारी भर सकेंगे। इसके बाद 22 मई से 20 जून तक गणनाकर्मी घर-घर जाकर जानकारी का सत्यापन और मकान सूचीकरण का कार्य करेंगे। स्वगणना के लिए नागरिक जनगणना पोर्टल पर जाकर अपनी जानकारी दर्ज कर सकते हैं। ऐसे करनी होगी ऑनलाइन स्वगणना ऑनलाइन प्रक्रिया के तहत सबसे पहले नागरिकों को पोर्टल पर राज्य का चयन करना होगा। इसके बाद मोबाइल नंबर और ईमेल आईडी के जरिए पंजीकरण किया जाएगा। ओटीपी सत्यापन के बाद भाषा और जिले का चयन करना होगा। इसके बाद मैप पर अपने घर की सही लोकेशन मार्क करनी होगी और मकान व परिवार से जुड़े सवालों के जवाब भरने होंगे। फॉर्म पूरा होने के बाद नागरिकों को 11 अंकों की स्वगणना आईडी मिलेगी। इस आईडी को बाद में क्षेत्रीय गणनाकर्मी को दिखाना होगा, जिससे जनगणना प्रक्रिया पूरी मानी जाएगी। पहली बार पूरी तरह डिजिटल होगी जनगणना जिलाधिकारी मनीष कुमार वर्मा ने बताया कि इस बार जनगणना पारंपरिक कागजी प्रक्रिया की जगह पूरी तरह डिजिटल माध्यम से कराई जा रही है। इससे प्रक्रिया अधिक पारदर्शी और आसान होगी। उन्होंने कहा कि लोगों को स्वगणना का विकल्प दिए जाने से वे खुद अपनी जानकारी सही तरीके से दर्ज कर सकेंगे और समय की भी बचत होगी। योजनाओं के लिए अहम होती है जनगणना प्रशासन के अनुसार जनगणना केवल आबादी गिनने की प्रक्रिया नहीं है, बल्कि इससे आयु, लिंग, शिक्षा, रोजगार और सामाजिक-आर्थिक स्थिति जैसे महत्वपूर्ण आंकड़े जुटाए जाते हैं। इन्हीं आंकड़ों के आधार पर सरकार भविष्य की योजनाएं और नीतियां तैयार करती है। इस मौके पर सीलम सांई तेजा, जिला सूचना विज्ञान अधिकारी, जनगणना अधिकारी और अन्य संबंधित अधिकारी मौजूद रहे।
कानपुर में कांग्रेस कमेटी ने मतदाता सूची को लेकर बड़ा अभियान शुरू करने का ऐलान किया है। तिलक हाल में हुई बैठक में पार्टी नेताओं ने आरोप लगाया कि पश्चिम बंगाल में SIR प्रक्रिया के दौरान वोटरों के नाम काटने और चुनाव प्रभावित करने की साजिश हुई थी, और ऐसी स्थिति यूपी में नहीं होने दी जाएगी। महानगर कांग्रेस अध्यक्ष पवन गुप्ता ने कहा कि कांग्रेस नेता राहुल गांधी पहले ही बंगाल में वोटर लिस्ट में धांधली का आरोप लगा चुके हैं। उनका दावा है कि कानपुर की पांचों विधानसभा क्षेत्रों में भी बड़ी संख्या में वोटरों के नाम सूची से हटाए गए हैं। कांग्रेस की रणनीति हर विधानसभा और वार्ड में कैंप लगाए जाएंगे बूथ स्तर पर मतदाता सूची की जांच होगी जिन लोगों के नाम कट गए हैं, उनके नाम दोबारा जुड़वाए जाएंगे फॉर्म-6 और फॉर्म-8 भरवाकर सुधार कराया जाएगा कांग्रेस ने क्या आरोप लगाए कांग्रेस नेताओं का कहना है कि भाजपा लोकतांत्रिक अधिकारों को कमजोर करने की कोशिश कर रही है। पार्टी ने दावा किया कि सही वोटरों के नाम हटाने की आशंका को देखते हुए अब संगठन स्तर पर निगरानी बढ़ाई जाएगी। कांग्रेस का दावा पार्टी नेताओं ने कहा कि वोट जनता की सबसे बड़ी ताकत है और हर सही मतदाता का नाम सूची में सुरक्षित रखने के लिए कांग्रेस सड़क से लेकर प्रशासन तक संघर्ष करेगी। बैठक में ये नेता रहे मौजूद बैठक में महानगर अध्यक्ष पवन गुप्ता, पूर्व अध्यक्ष हरप्रकाश अग्निहोत्री, विकास अवस्थी, जेपी पाल, निजामुद्दीन खान, इकबाल अहमद, फजल खान, शंकर दत्त मिश्रा, पदम मोहन मिश्रा, शीलू श्रीवास्तव, रितेश यादव समेत कई कांग्रेस नेता मौजूद रहे।
लखनऊ में वकील ने खुद को गोली मारी, मौत:बहन की सूचना पर पहुंची पुलिस, जांच में जुटी
लखनऊ के अलीगंज सेक्टर-ई में बृहस्पतिवार रात अधिवक्ता शैलेंद्र प्रताप सिंह (40) ने खुद को गोली मारकर आत्महत्या कर ली। उन्होंने अपनी लाइसेंसी पिस्टल कनपटी पर सटाकर फायर किया। गोली लगते ही उनकी मौके पर मौत हो गई। सूचना पर पहुंची पुलिस और फोरेंसिक टीम ने घटनास्थल से साक्ष्य जुटाए। इंस्पेक्टर ध्रुव कुमार के मुताबिक रात करीब 10:30 बजे पुलिस कंट्रोल रूम को शैलेंद्र की बहन शालिनी सिंह ने सूचना दी कि उनके भाई ने खुद को गोली मार ली है। पुलिस मौके पर पहुंची तो शैलेंद्र कमरे में खून से लथपथ पड़े मिले। उनके पास ही पिस्टल पड़ी थी। परिजनों ने पुलिस को बताया कि शैलेंद्र की शादी करीब दो साल पहले हुई थी। उनकी कोई संतान नहीं थी। बृहस्पतिवार रात करीब 8:30 बजे कमरे से गोली चलने की आवाज सुनाई दी। परिवार के लोग कमरे में पहुंचे तो शैलेंद्र मृत अवस्था में पड़े थे। फोरेंसिक साइंस टीम ने मौके से पिस्टल समेत अन्य साक्ष्य कब्जे में ले लिए हैं। पुलिस को घटनास्थल से कोई सुसाइड नोट नहीं मिला है। इंस्पेक्टर ने बताया कि परिजनों और करीबियों से पूछताछ कर आत्महत्या के कारणों की जानकारी जुटाई जा रही है। वहीं, आसपास के लोगों ने पुलिस को बताया कि शैलेंद्र का पत्नी से किसी बात को लेकर विवाद हुआ था। इसके बाद उन्होंने यह कदम उठाया। हालांकि पुलिस ने अभी इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं की है।
जयपुर के स्वेज़ फ़ार्म, महेश नगर क्षेत्र में गुरुवार शाम एसी सर्विसिंग के दौरान ब्लास्ट होने से दो युवक घायल हो गए। घटना करीब साढ़े चार बजे की बताई जा रही है। हादसा के दौरान दो लोग महेश नगर इलाके में छत पर लगी एसी कीर सर्विस कर रहे थे। इस दौरान अचानक ब्लास्ट से एसी के परखचे उड़ गए। वहीं काम कर रहे दोनों लोग इसकी चपेट में आ गए। ब्लास्ट के कारण एक व्यक्ति के चेहरे पर गंभीर चोट आई, जबकि दूसरे के पैर में चोट लगी। ब्लास्ट का धमाका इतना तेज था कि एसी के परखचे छत पर दूर दूर जा गिरे। वहीं काम कर रहे दोनों लोगों को गंभीर चोट लगने के कारण छत पर खून ही खून बिखर गया। सूचना मिलने पर महेश नगर थाना अधिकारी सुरेश यादव मौके पर पहुंचे और घायलों को हॉस्पिटल पहुंचाया गया। घायलों की पहचान लाल बाबू (40)और रामेश्वर चौधरी (35) के रूप में हुई है। दोनों ही व्यक्ति एसी सर्विसिंग का काम करते है। महेश नगर थानाप्रभारी सुरेश यादव ने बताया कि सूचना मिली थी महेश नगर इलाके में किसी घर की छत में ब्लास्ट हुआ है। मौके पर जब पुलिस टीम पहुंची तो एसी में ब्लास्ट होने की जानकारी लगी। इसी छत पर दो लोग एसी की सर्विसिंग कर रहे थे। दोनों इस ब्लास्ट में गंभीर घायल हुए है। एक युवक के चेहरे पर और दूसरे के पैर में चोट आई है। दोनों को दुर्लभजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है। घटना के समय वे गोपाल गुप्ता एडवोकेट के यहां एसी की सर्विसिंग कर रहे थे।
पुलिस थाना माणकचौक ने जलेबी चौक से चोरी हुई स्कॉर्पियो कार की वारदात का मात्र चार घंटे में खुलासा कर दिया। पुलिस ने गुरुवार को दो आरोपियों को गिरफ्तार कर चोरी गई स्कॉर्पियो कार बरामद कर ली है। डीसीपी नॉर्थ करण शर्मा ने बताया कि 5 मई को एक परिवादी ने रिपोर्ट दर्ज करवाई कि वह जयपुर घूमने आया था और अपनी स्कॉर्पियो कार जलेबी चौक में पार्क कर गया था। कुछ देर बाद लौटने पर कार वहां से गायब मिली। इस पर थाना माणकचौक में मामला दर्ज कर जांच शुरू की गई। मामले की जांच के लिए अतिरिक्त पुलिस उपायुक्त नीरज पाठक, सहायक पुलिस आयुक्त पीयूष कविया और थानाधिकारी राकेश ख्यालिया के नेतृत्व में विशेष टीम गठित की गई। टीम ने घटना स्थल और आसपास के करीब 100 सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली तथा तकनीकी आधार पर आरोपियों की लोकेशन ट्रैक की। जांच में सामने आया कि आरोपी चोरी की स्कॉर्पियो लेकर सीकर की ओर जा रहे हैं। सूचना मिलते ही पुलिस टीम तुरंत रवाना हुई और रानोली टोल नाके पर दोनों आरोपियों को चोरी की स्कॉर्पियो सहित पकड़ लिया। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान दीप नारायण मिश्रा निवासी साबरमती, अहमदाबाद और रितेश मिश्रा निवासी रोहतास, बिहार हाल निवासी अहमदाबाद के रूप में हुई है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से स्कॉर्पियो कार नंबर GJ 01 ZA 4412 बरामद कर ली है।
मध्यप्रदेश के इंदौर के चर्चित राजा रघुवंशी हत्याकांड में आरोपियों की मुश्किलें लगातार बढ़ती जा रही हैं। शिलांग सेशन कोर्ट ने मामले के मुख्य आरोपी राज कुशवाह समेत चार आरोपियों की जमानत याचिकाएं खारिज कर दी हैं। वहीं मेघालय सरकार ने आरोपी सोनम रघुवंशी को मिली जमानत के खिलाफ हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया है। मामले में 12 मई को सुनवाई होगी। राज कुशवाह समेत 4 आरोपियों को राहत नहीं शिलांग सेशन कोर्ट ने मुख्य आरोपी और सोनम के कथित प्रेमी राज कुशवाह की दूसरी जमानत याचिका भी खारिज कर दी। कोर्ट ने मामले की गंभीरता को देखते हुए उसे राहत देने से इनकार कर दिया। राज के अलावा इस मामले में आरोपी विशाल, आनंद और आकाश की जमानत अर्जियां भी अदालत ने निरस्त कर दीं। हालांकि कोर्ट ने किन आधारों पर याचिकाएं खारिज कीं, इसकी विस्तृत जानकारी अभी सामने नहीं आई है। आदेश जारी हो चुका है, लेकिन कॉपी मिलना बाकी है। सोनम की बेल पर हाईकोर्ट में सुनवाई मामले में आरोपी सोनम रघुवंशी को मिली जमानत अब कानूनी चुनौती का सामना कर रही है। मेघालय सरकार ने हाईकोर्ट में याचिका दाखिल कर बेल निरस्त करने की मांग की है। सरकार का कहना है कि मामले की निष्पक्ष जांच और ट्रायल को देखते हुए जमानत रद्द की जानी चाहिए। डिप्टी CM बोले- जांच में कोई चूक नहीं पुलिस जांच पर उठ रहे सवालों को लेकर उपमुख्यमंत्री प्रेस्टन तिनसोंग ने कहा कि जांच एजेंसियों और एसआईटी ने अपना सर्वश्रेष्ठ प्रयास किया है। उन्होंने कहा कि पुलिस पूरी तरह सक्षम और सुसज्जित है तथा जांच में किसी प्रकार की कमी नहीं रही। उन्होंने कहा कि अदालतों में जमानत को लेकर अलग-अलग स्तर पर फैसले होते रहते हैं, लेकिन इससे पुलिस जांच पर सवाल नहीं उठाए जा सकते। --------------- ये खबर भी देखें… हनीमून पर मर्डर की आरोपी सोनम को जमानत इंदौर के ट्रांसपोर्ट कारोबारी राजा रघुवंशी मर्डर केस में आरोपी पत्नी सोनम रघुवंशी को जमानत मिल गई है। शिलॉन्ग की कोर्ट ने चौथी सुनवाई के बाद सोनम को राहत दी है। दैनिक भास्कर से बातचीत में शिलॉन्ग एसपी विवेक स्येम ने इसकी पुष्टि की। उन्होंने कहा कि कोर्ट ने अपने अधिकार का उपयोग किया है। पढ़ें पूरी खबर… जेल से छूटकर भी इंदौर नहीं आ पाएगी सोनम रघुवंशी इंदौर के ट्रांसपोर्ट कारोबारी राजा रघुवंशी हत्याकांड में बड़ा मोड़ आया है। मेघालय की राजधानी शिलॉन्ग में हनीमून के दौरान पति राजा के मर्डर की मुख्य आरोपी सोनम रघुवंशी को गिरफ्तारी के करीब 320 दिन बाद जमानत मिल गई है। पूरी खबर यहां पढ़ें... राजा मर्डर- सोनम बोली- मर्डर प्लान राज ने बनाया इंदौर के ट्रांसपोर्ट कारोबारी राजा रघुवंशी मर्डर केस की आरोपी उसकी पत्नी सोनम और कथित प्रेमी राज कुशवाह के बीच पुलिस शिकंजे में आने के बाद दरार आनी शुरू हो गई है। दोनों एक-दूसरे को राजा की हत्या का मास्टरमाइंड बता रहे हैं। मेघालय के ईस्टर्न रेंज के DIG डेविस एनआर मारक ने कहा- दोनों में से कौन मास्टरमाइंड है? इसका खुलासा तब होगा, जब उनका आमना-सामना कराया जाएगा। अभी उनसे अलग-अलग पूछताछ कर रहे हैं।पूरी खबर पढ़ें
ग्वालियर हाईकोर्ट की डिवीजन बेंच ने अहम फैसला सुनाते हुए कहा है कि पुलिस जैसे अनुशासित विभाग में अनुकंपा नियुक्ति के लिए सिर्फ आपराधिक मामलों से बरी होना पर्याप्त नहीं माना जा सकता। अदालत ने स्पष्ट किया कि अभ्यर्थी की दोषमुक्ति “ससम्मान” होनी चाहिए। यदि किसी मामले में आरोपी गवाहों के पलट जाने, सबूतों के अभाव या समझौते के आधार पर छूटता है, तो उसे पूर्णतः निर्दोष नहीं माना जाएगा।जस्टिस जीएस अहलूवालिया और जस्टिस पुष्पेंद्र यादव की खंडपीठ ने योगेश शर्मा की रिट अपील खारिज करते हुए यह आदेश पारित किया। योगेश के पिता पुलिस विभाग में पदस्थ थे और नौकरी के दौरान उनका निधन हो गया था। इसके बाद योगेश ने आरक्षक पद पर अनुकंपा नियुक्ति के लिए आवेदन किया था। चरित्र सत्यापन के दौरान उसके खिलाफ तीन आपराधिक प्रकरण सामने आए। इनमें धारा 379 और 325 के तहत चोरी और गंभीर मारपीट जैसे आरोप शामिल थे। पुलिस विभाग ने 11 जुलाई 2017 को उसका आवेदन निरस्त करते हुए कहा था कि वह तकनीकी आधार पर बरी हुआ है, इसलिए पुलिस सेवा के लिए उपयुक्त नहीं माना जा सकता। खंडपीठ ने सुप्रीम कोर्ट के कई फैसलों का हवाला देते हुए कहा कि यदि अभियोजन पक्ष गवाह प्रस्तुत करने में असफल रहता है या गवाह अपने बयान से मुकर जाते हैं, तो आरोपी को केवल संदेह का लाभ मिलता है। इसे “ससम्मान दोषमुक्ति” नहीं कहा जा सकता।हाईकोर्ट ने अपने आदेश में यह भी स्पष्ट किया कि किसी पद के लिए पात्रता और उपयुक्तता दोनों अलग-अलग पहलू हैं। अदालत चयन प्रक्रिया की वैधता की समीक्षा कर सकती है, लेकिन विभाग के निर्णय में हस्तक्षेप नहीं कर सकती कि कौन व्यक्ति पुलिस सेवा के लिए उपयुक्त है। कोर्ट ने यह भी कहा कि यदि किसी अभ्यर्थी का आपराधिक रिकॉर्ड रहा है, तो नियोक्ता को यह तय करने का अधिकार है कि वह भविष्य में भरोसेमंद साबित होगा या नहीं। साथ ही चोरी और मारपीट जैसे मामलों को अदालत ने नैतिक अधमता से जुड़े गंभीर अपराध माना।
ग्वालियर मध्यप्रदेश हाईकोर्ट की एकल पीठ ने मोटर दुर्घटना मुआवजा प्रकरण में अहम फैसला सुनाते हुए कहा है कि केवल अनुमान के आधार पर मृतक को हादसे के लिए जिम्मेदार नहीं माना जा सकता। कोर्ट ने मोटर दुर्घटना दावा न्यायाधिकरण के उस आदेश को निरस्त कर दिया, जिसमें मृतक की 50 फीसदी लापरवाही मानकर मुआवजे की राशि आधी कर दी गई थी। हाईकोर्ट के इस फैसले के बाद मृतक के परिजनों को अब 48 लाख 74 हजार 150 रुपए मुआवजा मिलेगा। यह हादसा 11 जून 2021 को हुआ था। कृषि विकास अधिकारी सुरेश कुमार पटेल मोटरसाइकिल से डबरा से ग्वालियर की ओर आ रहे थे। इसी दौरान भरतरी पुल के पास पीछे से आए तेज रफ्तार कंटेनर (HR 55 AC 4176) ने उनकी बाइक में जोरदार टक्कर मार दी। दुर्घटना में उनकी घटनास्थल पर ही मौत हो गई थी। मोटर दुर्घटना दावा न्यायाधिकरण ने पहले अपने आदेश में कहा था कि दुर्घटना में मृतक की भी 50 फीसदी गलती थी। इसी आधार पर कुल मुआवजे में आधी कटौती करते हुए केवल 24 लाख 37 हजार 75 रुपए देने के निर्देश दिए गए थे। नियमों के उल्लंघन का कोई प्रमाण नहीं मिला मामले की सुनवाई के दौरान जस्टिस हिरदेश की एकल पीठ ने कहा कि न्यायाधिकरण का निष्कर्ष ठोस साक्ष्यों पर नहीं बल्कि धारणाओं पर आधारित था। बीमा कंपनी और वाहन मालिक की ओर से ऐसा कोई प्रमाण पेश नहीं किया गया, जिससे यह साबित हो सके कि मृतक ने यातायात नियमों का उल्लंघन किया था या लापरवाही बरती थी। कोर्ट ने प्रत्यक्षदर्शी के बयान का उल्लेख करते हुए कहा कि कंटेनर चालक 70 से 80 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से वाहन चला रहा था और उसने अचानक बिना संकेत दिए ब्रेक लगाए थे। वहीं मृतक सामान्य गति से बाइक चला रहे थे। आय संबंधी गणना को सही माना हाईकोर्ट ने सुप्रीम कोर्ट के पूर्व निर्णयों का हवाला देते हुए कहा कि किसी व्यक्ति को तभी लापरवाह माना जा सकता है जब वह अपनी सुरक्षा के प्रति असावधान हो। इस मामले में ऐसा कोई तथ्य सामने नहीं आया। अदालत ने निचली अदालत की आय संबंधी गणनाओं को सही माना, लेकिन 50 फीसदी कटौती को अवैध बताते हुए रद्द कर दिया। अब बीमा कंपनी को पूरी मुआवजा राशि का भुगतान करना होगा।
अफीम के साथ तस्कर गिरफ्तार:1.426 किलोग्राम नशीला पदार्थ बरामद, मोहनलालगंज से पकड़ा गया
लखनऊ में एसटीएफ ने अवैध मादक पदार्थों की तस्करी करने वाले गिरोह के एक सदस्य को गिरफ्तार कर उसके कब्जे से 1.426 किलोग्राम अफीम बरामद की है। आरोपी को मोहनलालगंज क्षेत्र में राधा स्वामी सत्संग आश्रम से लखनऊ की ओर माधवखेड़ा हनुमान मंदिर के पास पकड़ा गया। बरामद अफीम की अंतरराज्यीय बाजार में कीमत लाखों रुपए बताई जा रही है। एसटीएफ को पिछले कई दिनों से उत्तर प्रदेश के विभिन्न जिलों में सक्रिय अफीम तस्कर गिरोह की सूचनाएं मिल रही थीं। इसके बाद एसटीएफ लखनऊ के पुलिस उपाधीक्षक धर्मेश कुमार शाही की टीम लगातार जानकारी जुटा रही थी। बुधवार को इंस्पेक्टर राघवेन्द्र सिंह के नेतृत्व में गठित टीम ने कार्रवाई करते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। आरोपी की पहचान बेतिया बिहार निवासी शाहीम आलम के रूप में हुई। पूछताछ में आरोपी ने बताया कि वह लंबे समय से अवैध रूप से अफीम की खरीद-फरोख्त कर रहा था। गिरोह विभिन्न स्थानों से अफीम खरीदकर उत्तर प्रदेश, दिल्ली, उत्तराखंड, पंजाब और हरियाणा समेत कई राज्यों में सप्लाई करता था। आरोपी ने बताया कि डिलीवरी के दौरान खरीदारों की पहचान गुप्त रखी जाती थी। तय स्थान पर पहुंचने के बाद संबंधित व्यक्ति खुद संपर्क करता था और 6 से 7 लाख रुपए प्रति किलो के हिसाब से भुगतान कर माल लेकर चला जाता था। एसटीएफ की पूछताछ में यह भी सामने आया कि गिरोह सीमित संपर्क और गुप्त तरीके से लेन-देन करता था ताकि पुलिस की नजर से बचा जा सके। गिरफ्तार आरोपी के खिलाफ मोहनलालगंज थाने में एनडीपीएस एक्ट में केस दर्ज किया गया है। पुलिस आरोपी के नेटवर्क और अन्य साथियों के बारे में जानकारी जुटा रही है।
मेरठ में राष्ट्रीय लोकदल ने संगठन विस्तार करते हुए पार्टी के दो नेताओं को राष्ट्रीय स्तर की जिम्मेदारी सौंपी है। राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं केंद्रीय मंत्री जयंत चौधरी के निर्देश पर राष्ट्रीय लोकदल के अनुसूचित जाति/जनजाति प्रकोष्ठ के राष्ट्रीय अध्यक्ष ओ.पी. सागर ने सिवालखास के पूर्व विधायक विनोद हरित और सावित्री गौतम को राष्ट्रीय महासचिव नियुक्त किया है। दोनों नेताओं के स्वागत में शास्त्रीनगर स्थित विनोद हरित के निवास पर स्वागत समारोह आयोजित किया गया। जिसमें रालोद पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने फूल-मालाओं से उनका स्वागत किया।इस दौरान पूर्व विधायक विनोद हरित ने कहा कि पार्टी नेतृत्व ने जो जिम्मेदारी दी है, उसे पूरी निष्ठा से निभाया जाएगा। उन्होंने कहा कि दलित समाज में राष्ट्रीय लोकदल को और मजबूत करने के लिए व्यापक स्तर पर काम किया जाएगा। राष्ट्रीय लोकदल सामाजिक न्याय मंच की प्रदेश अध्यक्ष संगीता दोहरे ने कहा कि जयंत चौधरी ने हमेशा दलित समाज को सम्मान देने का काम किया है। आने वाले विधानसभा चुनाव में दलित समाज रालोद को मजबूत समर्थन देगा। अनुसूचित जनजाति आयोग के सदस्य नरेंद्र खजूरी ने भी पार्टी नेतृत्व का आभार जताते हुए संगठन को मजबूत करने का संकल्प दोहराया। कार्यक्रम के दौरान प्रताप लोइया, अभय सिंह, सुनील मल्लापुर, विक्की खजूरी, अक्षय वर्मा, अमित सतवई, आयुष हरित, अभिज्ञान हरित और ओमकुमार प्रधान समेत कई पदाधिकारी और कार्यकर्ता मौजूद रहे।
शाहजहांपुर में एक सड़क हादसे में बाइक सवार युवक की मौत हो गई। गुरुवार रात करीब नौ बजे सदर बाजार थाना क्षेत्र के इमली रोड पर एक तेज रफ्तार ट्रक ने उनकी बाइक को टक्कर मार दी। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। पुलिस के अनुसार, रामनगर कॉलोनी निवासी शेखर मिश्रा अपनी किरायेदार के साथ शहर आ रहे थे। इमली रोड पर मजार के पास पहुंचते ही एक ट्रक ने उनकी बाइक को जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि दोनों गंभीर रूप से घायल हो गए। हादसे के बाद ट्रक चालक मौके से फरार हो गया। सूचना मिलने पर पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची और दोनों घायलों को तत्काल सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) भेजा। वहां डॉक्टरों ने शेखर मिश्रा को मृत घोषित कर दिया, जबकि घायल महिला का इलाज जारी है। पुलिस ने शव का पंचनामा भरकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। जानकारी के मुताबिक, शेखर मिश्रा अपने भाई के जन्मदिन का सामान खरीदने के लिए बाजार जा रहे थे। वह एक निजी स्कूल में पढ़ाते थे। पुलिस ने मौके से ट्रक और बाइक को कब्जे में ले लिया है और मृतक के परिवार को सूचना दे दी गई है। पुलिस फरार ट्रक चालक की तलाश कर रही है।
इटावा में किशोरी का फंदे से लटका मिला शव:किराए के मकान में दुपट्टे से फंदा बनाकर दी जान, जांच जारी
इटावा के इकदिल क्षेत्र में गुरुवार शाम एक किशोरी ने किराये के मकान में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। घटना के बाद इलाके में हड़कंप मच गया। सूचना पर पहुंची पुलिस और फॉरेंसिक टीम ने जांच पड़ताल कर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। कमरे में दुपट्टे से बनाया फंदा कानपुर देहात के थाना मंगलवार क्षेत्र के गांव नेपलापुर निवासी राजू कुमार इकदिल की साईं बिहार कॉलोनी में परिवार के साथ किराये के मकान में रहते हैं। उनकी 17 वर्षीय बेटी रिया ने किसी बात से परेशान होकर कमरे में बैड पर कुर्सी रखी और उस पर चढ़कर पंखे के कुंडे में दुपट्टे का फंदा बनाकर आत्महत्या कर ली। घटना के समय माता-पिता कस्बे में अपनी कॉस्मेटिक की दुकान पर थे। भाई ने देखा तो मच गई चीख पुकार रिया का 12 वर्षीय छोटा भाई आर्यन घर के बाहर साइकिल चला रहा था। जब वह कमरे में पहुंचा तो बहन को फंदे पर लटका देख चीख पड़ा। आवाज सुनकर आसपास के लोग मौके पर पहुंच गए और भीड़ जमा हो गई। इसके बाद पुलिस को सूचना दी गई। सूचना मिलते ही प्रभारी निरीक्षक विक्रम सिंह चौहान पुलिस बल और फॉरेंसिक टीम के साथ मौके पर पहुंचे। टीम ने घटनास्थल से साक्ष्य जुटाए और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। मृतका के पिता राजू कुमार ने बताया कि रिया परिवार की बड़ी बेटी थी। उसकी बहन दीक्षा कांकरपुर के नगला हरीराम गांव में अपने नाना के साथ रहती है। बेटी की मौत के बाद मां पूनम, भाई आर्यन और अन्य परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।
समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ नेता आजम खां शत्रु संपत्ति मामले में बढ़ाई गई धाराओं पर राहत पाने के लिए एमपी-एमएलए स्पेशल कोर्ट (सेशन ट्रायल) पहुंचे हैं। रामपुर जिला जेल में बंद आजम खां की जमानत अर्जी पर गुरुवार को बहस शुरू हुई, लेकिन सुनवाई पूरी नहीं हो सकी। अदालत ने मामले की अगली सुनवाई के लिए 11 मई की तारीख तय की है। यह मामला पुलिस द्वारा मुकदमे में तीन नई धाराएं जोड़े जाने के बाद और अधिक चर्चा में आया है। शत्रु संपत्ति से जुड़ा यह मुकदमा 9 मई 2020 को सिविल लाइंस थाने में दर्ज किया गया था। कलक्ट्रेट के रिकॉर्ड रूम में तैनात सहायक अभिलेखपाल मोहम्मद फरीद की शिकायत पर केस दर्ज हुआ था। शिकायत के मुताबिक, जौहर यूनिवर्सिटी के आसपास स्थित शत्रु संपत्ति को वर्ष 2006 में राजस्व अभिलेखों में कथित रूप से गलत तरीके से दर्ज किया गया था। जांच के दौरान रिकॉर्ड में फर्जीवाड़े के आरोप सामने आए। आरोप है कि संपत्ति को खुर्द-बुर्द करने के उद्देश्य से आफाक अहमद का नाम गलत तरीके से दर्ज किया गया था। साथ ही अभिलेखों के कुछ पन्ने फटे हुए भी मिले थे। इस मामले में आजम खां के साथ उनके परिवार के अन्य सदस्यों को भी आरोपी बनाया गया है। पुलिस ने आगे की विवेचना के बाद मुकदमे में तीन और धाराएं जोड़ते हुए पूरक आरोप पत्र दाखिल किया था। इन बढ़ाई गई धाराओं में जमानत के लिए आजम खां ने पहले एमपी-एमएलए स्पेशल कोर्ट (मजिस्ट्रेट ट्रायल) में अर्जी दी थी, जिसे अदालत ने खारिज कर दिया था। इसके बाद उन्होंने सेशन कोर्ट का रुख किया है। वहीं, आजम खां से जुड़े एक अन्य मामले में भी सुनवाई आगे नहीं बढ़ सकी। गवाह को धमकाने और महिलाओं पर अभद्र टिप्पणी करने के आरोप वाले मुकदमे में गवाह अदालत में पेश नहीं हुए, जिसके चलते सुनवाई टाल दी गई। लगातार चल रहे मुकदमों और अदालती तारीखों के बीच आजम खां की कानूनी लड़ाई जारी है।
ट्रक ने गल्ला व्यापारी को कुचला, मौके पर मौत:मध्य प्रदेश से लौटते समय ललितपुर में हादसा, ट्रक बरामद
ललितपुर में गुरुवार देर शाम हाईवे 44 पर एक तेज रफ्तार ट्रक ने बाइक सवार गल्ला व्यापारी को कुचल दिया। इस हादसे में व्यापारी की मौके पर ही मौत हो गई। पुलिस ने ट्रक को बरामद कर लिया है। मृतक की पहचान कोतवाली सदर अंतर्गत मोहल्ला पिसनारी निवासी 68 वर्षीय राजकुमार साहू पुत्र वंशीलाल साहू के रूप में हुई है। वह मध्य प्रदेश के सागर जिले के मालथोन कस्बे में अपनी भतीजी के ससुराल में एक शादी समारोह से लौट रहे थे। राजकुमार साहू गुरुवार रात करीब 8 बजे बाइक से वापस लौट रहे थे। जब वे हाईवे 44 पर स्थित कस्बा बिरधा के पास पहुंचे, तभी पीछे से आ रहे एक तेज रफ्तार ट्रक ने उनकी बाइक में टक्कर मार दी। देखें, 3 तस्वीरें… टक्कर इतनी भीषण थी कि गल्ला व्यापारी राजकुमार साहू की घटनास्थल पर ही मौत हो गई। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और टक्कर मारकर भाग रहे ट्रक को बरामद कर लिया। शव को पोस्टमार्टम के लिए मेडिकल कॉलेज भेजा गया है। परिजनों ने बताया कि मृतक राजकुमार साहू के तीन पुत्रियां और एक पुत्र हैं। वह नवीन गल्ला मंडी में गल्ला खरीदने का काम करते थे।
सोनभद्र पुलिस ने नशा तस्करों के आर्थिक नेटवर्क पर बड़ी कार्रवाई करते हुए लगभग 27 लाख रुपये की अवैध संपत्ति फ्रीज कर दी है। पुलिस ने यह कार्रवाई एनडीपीएस एक्ट के तहत की है जानकारी के अनुसार अनपरा पुलिस ने एनडीपीएस एक्ट की धारा मे दर्ज मुकदमे का अभियुक्त मनोज कुमार पुत्र फूलचन्द्र कुमार निवासी डिबुलगंज को 10 ग्राम हेरोइन के साथ गिरफ्तार कर 8 फरवरी 2026 को न्यायिक अभिरक्षा में भेजा गया था। जांच के दौरान यह सामने आया कि आरोपी और उसके परिजनों ने मादक पदार्थों की तस्करी से अर्जित धन से चल एवं अचल संपत्तियां बनाई थीं। इसके बाद थाना अनपरा पुलिस ने 3 अप्रैल 2026 को एनडीपीएस एक्ट की धारा के तहत संपत्तियों को फ्रीज करने की कार्रवाई की थी। बाद में सक्षम प्राधिकारी और प्रशासक तस्कर और विदेशी मुद्रा हेरफेरकर्ता (संपत्ति की जब्ती) अधिनियम, 1976 एसएएफईएम (एफओपी) और एनडीपीएस एक्ट, नई दिल्ली ने 30 अप्रैल को आदेश जारी कर इस कार्रवाई को वैध ठहराते हुए संपत्तियों को फ्रीज करने की पुष्टि की है। फ्रीज की गई संपत्तियों में इंडियन बैंक अनपरा शाखा के खाते में जमा 1,15,175 रुपए की धनराशि तथा ग्राम डिबुलगंज स्थित प्लॉट संख्या 841 पर बने मकान और भूमि शामिल हैं, जिसकी अनुमानित कीमत 25,46,990 रुपए बताई गई है। सीओ पिपरी हर्ष पांडेय ने बताया- नशे के कारोबारियों के खिलाफ सोनभद्र पुलिस का अभियान लगातार जारी रहेगा और अवैध कमाई से बनाई गई संपत्तियों पर कठोर कार्रवाई भी की जाएगी।
मथुरा में दिल्ली-आगरा राष्ट्रीय राजमार्ग पर गुरुवार देर रात सड़क हादसे में बाइक सवार दो युवकों की मौत हो गई। यह घटना थाना कोतवाली क्षेत्र की कृष्णा नगर चौकी अंतर्गत गोवर्धन चौराहा फ्लाईओवर पर रात करीब 9 बजे हुई। दुर्घटना के बाद हाईवे पर 2 किमी लंबा जाम लग गया। प्राप्त जानकारी के अनुसार, आगरा की ओर जा रहे एक तेज रफ्तार लोडेड ट्रक ने आगे चल रही अपाचे बाइक को पीछे से टक्कर मार दी। टक्कर इतनी जोरदार थी कि बाइक सवार दोनों युवक सड़क पर गिर गए जिसके बाद ट्रक ने उन्हें बुरी तरह कुचल दिया। जिससे दोंनो ने मौके पर ही दम तोड़ दिया। हादसे के बाद ट्रक चालक वाहन छोड़कर फरार हो गया। सूचना मिलते ही कृष्णा नगर चौकी पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने दोनों शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। देर रात तक मृतकों की पहचान नहीं हो सकी थी। पुलिस बाइक के नंबर के आधार पर उनकी शिनाख्त करने का प्रयास कर रही है। कृष्णा नगर चौकी प्रभारी संजीव कुमार सिंह ने बताया कि दुर्घटना में शामिल ट्रक को हिरासत में ले लिया गया है और फरार चालक की तलाश जारी है। उन्होंने यह भी बताया कि हादसे के कारण हाईवे पर लंबा जाम लग गया था, जिसे पुलिस ने क्रेन की मदद से ट्रक को सड़क किनारे हटवाकर खुलवाया और यातायात को सुचारु कराया। पुलिस आरोपी चालक तक पहुंचने के लिए आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज भी खंगाल रही है।
काशी हिंदू विश्वविद्यालय के अंतरराष्ट्रीय छात्रावास परिसर में गुरुवार को स्वतंत्रता भवन में वार्षिक अंतरराष्ट्रीय छात्र दिवस का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य विश्वविद्यालय परिसर में सांस्कृतिक विविधता, वैश्विक एकता एवं अंतरराष्ट्रीय शैक्षणिक आदान-प्रदान की भावना को प्रोत्साहित करना तथा अपनी शिक्षा पूर्ण कर रहे विदेशी विद्यार्थियों को विदाई देना था। इस आयोजन में लगभग 40 देशों के अंतरराष्ट्रीय विद्यार्थियों ने सहभागिता की। वर्तमान में विश्वविद्यालय में तक़रीबन 800 विदेशी विद्यार्थी अध्ययनरत हैं। विद्यार्थियों ने अपने-अपने देशों की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत को पारंपरिक संगीत, नृत्य, परिधान एवं कलात्मक प्रस्तुतियों के माध्यम से प्रदर्शित किया। कार्यक्रम में आपसी सम्मान, सौहार्द एवं अंतरसांस्कृतिक समझ का जीवंत वातावरण प्रस्तुत हुआ। कार्यक्रम में बतौर मुख्य अतिथि कुलपति प्रो. अजित कुमार चतुर्वेदी तथा चारू चतुर्वेदी रहे। कुलपति जी ने कहा कि अंतरराष्ट्रीय विद्यार्थियों की प्रस्तुतियां यह दर्शाती हैं कि कला, संगीत और नृत्य पूरी दुनिया को एक सूत्र में बांधने की क्षमता रखते हैं। उन्होंने कार्यक्रम की उत्कृष्ट प्रस्तुति एवं उसकी रचनात्मकता की सराहना की और कहा कि यह देखकर प्रसन्नता होती है कि यह जीवंत विश्वविद्यालय विश्व के विभिन्न हिस्सों से विद्यार्थियों को आकर्षित कर रहा है। उन्होंने कहा कि अंतरराष्ट्रीय विद्यार्थी बीएचयू परिसर में अपनी विशिष्टता के माध्यम से विश्वविद्यालय के प्रत्येक विद्यार्थी के अनुभव को समृद्ध बनाते हैं। कार्यक्रम का आरंभ बांग्लादेश, भूटान, बोत्सवाना, इरीट्रिया, इराक, मॉरीशस, म्यांमार, नामीबिया, नेपाल, दक्षिण अफ्रीका, श्रीलंका, तिब्बत एवं युगांडा सहित विभिन्न देशों के विद्यार्थियों की रैंप वॉक से हुआ। इस प्रस्तुति में सहभागी देशों की सांस्कृतिक पहचान एवं पारंपरिक परिधानों की आकर्षक झलक देखने को मिली। सांस्कृतिक प्रस्तुतियों का प्रारंभ श्रीलंका के विद्यार्थियों द्वारा शास्त्रीय नृत्य प्रस्तुति से हुआ। इसके पश्चात भूटान के विद्यार्थियों ने अपने देश का पारंपरिक सांस्कृतिक नृत्य प्रस्तुत किया। बांग्लादेश के विद्यार्थियों ने वृंदावन के परिप्रेक्ष्य में भगवान श्री कृष्ण की भक्ति में रमी प्राचीन नगरी की परंपरा तथा राधा-कृष्ण की कथा को नृत्य नाटिका के माध्यम से संगीत एवं कथात्मक शैली में प्रस्तुत किया। कार्यक्रम के दौरान पूर्व में आयोजित स्पोर्ट्स वीक का पुरस्कार वितरण समारोह भी हुआ।
कानपुर में होटल में युवक ने किया सुसाइड:सुबह घर से ऑफिस कहकर निकला था, देर रात मिला शव
कानपुर के कल्याणपुर थाना क्षेत्र में एक युवक ने होटल के कमरे में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। युवक ने पहले होटल में कमरा बुक कराया और फिर उसी कमरे में पंखे से लटककर जान दे दी। देर रात तक कमरे से कोई आवाज न आने पर होटल कर्मचारियों को शक हुआ। सूचना पर पहुंची पुलिस ने दरवाजा तोड़कर शव बरामद किया। रावतपुर थाना क्षेत्र के मस्वानपुर सराय निवासी प्रशांत दीक्षित (30) प्राइवेट नौकरी करते थे। परिवार में मां अर्चना दीक्षित, पत्नी अंशिका दीक्षित और डेढ़ साल की बेटी भाव्या हैं। मृतक के बहनोई दीप अग्निहोत्री ने बताया कि प्रशांत गुरुवार सुबह रोज की तरह ऑफिस जाने की बात कहकर घर से निकले थे। दिनभर परिजनों ने कई बार उन्हें फोन किया, लेकिन उन्होंने कॉल रिसीव नहीं की। होटल कर्मचारियों को हुआ शकदेर शाम करीब 8 बजे होटल मालिक आदित्य को कर्मचारियों ने बताया कि उनका दोस्त प्रशांत सुबह करीब 10 बजे होटल में कमरा लेकर रुका था, लेकिन तब से न तो बाहर निकला और न ही कमरे से कोई आवाज आ रही है। कर्मचारियों ने कई बार दरवाजा खटखटाया, लेकिन अंदर से कोई जवाब नहीं मिला। सूचना पर होटल मालिक मौके पर पहुंचे और उन्होंने भी काफी देर तक दरवाजा खटखटाया। प्रशांत के मोबाइल पर कॉल की गई तो फोन बंद मिला। इसके बाद होटल मालिक ने 112 नंबर पर पुलिस को सूचना दी। सूचना मिलते ही कल्याणपुर थाने की पुलिस और फोरेंसिक टीम मौके पर पहुंची। पुलिस ने दरवाजा तोड़ा तो अंदर का दृश्य देखकर सभी सन्न रह गए। कमरे में प्रशांत का शव पंखे से चादर के सहारे लटका मिला। इसके बाद होटल मालिक ने घटना की जानकारी परिजनों को दी। सूचना मिलते ही परिवार के लोग मौके पर पहुंच गए। परिजनों ने लगाया प्रताड़ना का आरोपमृतक के बहनोई दीप अग्निहोत्री ने आरोप लगाया कि क्षेत्र के कुछ लोग प्रशांत को परेशान करते थे। उनका कहना है कि कुछ युवक उससे सट्टा खिलवाते थे और लगातार पैसों की मांग कर रहे थे। उन्होंने बताया कि दो दिन पहले पड़ोस के एक युवक ने प्रशांत को जान से मारने की धमकी भी दी थी। इसी बात से वह काफी परेशान चल रहा था। कल्याणपुर थाना प्रभारी संतोष कुमार सिंह ने बताया कि देर शाम 112 नंबर के जरिए सूचना मिली थी। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। उन्होंने कहा कि परिजनों ने कुछ लोगों पर प्रताड़ित करने का आरोप लगाया है। तहरीर मिलने पर मामले में आगे की कार्रवाई की जाएगी।
आगरा में नाबालिग साली के अपहरण मामले में आरोपी जीजा की मुश्किलें बढ़ गई हैं। लंबे समय से अदालत में पेश न होने पर एडीजे-19 लोकेश कुमार की अदालत ने आरोपी राम कुमार सोनी के खिलाफ गैर जमानती वारंट जारी करते हुए फरारी की उद्घोषणा के आदेश दिए हैं। वहीं अदालत ने आरोपी के जमानतदारों पर भी शिकंजा कसते हुए उनके खिलाफ नोटिस जारी कर कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। थाना लोहामंडी में दर्ज मुकदमे के अनुसार, मथुरा के कस्बा राया स्थित कटरा बाजार निवासी राम कुमार सोनी पर अपनी 14 वर्षीय नाबालिग साली को बहला-फुसलाकर चेन्नई ले जाने का आरोप है। पीड़िता की मां ने आरोपी दामाद के खिलाफ अपहरण का मुकदमा दर्ज कराया था। पुलिस ने मामले में कार्रवाई करते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। बाद में आरोपी जमानत पर रिहा हो गया था।बताया गया है कि जमानत मिलने के बाद आरोपी लगातार अदालत से गैरहाजिर चल रहा था। इस पर वादिनी पक्ष के अधिवक्ता शैलेन्द्र कुमार सिंह ने अदालत में प्रार्थना पत्र देकर आरोपी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की। सुनवाई के बाद अदालत ने आरोपी के खिलाफ गैर जमानती वारंट और फरारी की उद्घोषणा जारी करने के आदेश दिए। साथ ही जमानतदारों को भी नोटिस जारी कर थाना राया प्रभारी को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं। मामले में अगली सुनवाई के लिए 19 मई की तारीख नियत की गई है।
बदायूं में बाइक-बैलगाड़ी भिड़ंत, मामा-भांजे की मौत:महिला की हालत गंभीर, घर लौटते समय हुआ हादसा
बदायूं में गुरुवार देर रात बाइक और बैलगाड़ी की भिड़ंत में दो लोगों की मौत हो गई, जबकि एक महिला गंभीर रूप से घायल हो गई। मृतक आपस में मामा-भांजे बताए जा रहे हैं।हादसा दातागंज कोतवाली क्षेत्र के बदायूं-दातागंज रोड पर डहरपुर और सराय गांव के बीच हुआ। पुलिस के अनुसार, बाइक सड़क किनारे खड़ी बैलगाड़ी से टकरा गई। लहरपुर गांव निवासी सुखवीर अपनी पत्नी धनदेवी और भांजे ओमवीर के साथ मूसाझाग थाना क्षेत्र के समौरा गांव से घर लौट रहे थे। इसी दौरान उनकी बाइक हादसे का शिकार हो गई। टक्कर इतनी जोरदार थी कि तीनों गंभीर रूप से घायल हो गए। सूचना पर पहुंची पुलिस ने स्थानीय लोगों की मदद से घायलों को दातागंज सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया, जहां डॉक्टरों ने सुखवीर और ओमवीर को मृत घोषित कर दिया। वहीं धनदेवी का इलाज जारी है और उनकी हालत खतरे से बाहर बताई जा रही है। प्रभारी निरीक्षक वेदपाल सिंह ने बताया- हादसा सड़क पर खड़ी डनलप से टकराने के कारण प्रतीत हो रहा है। पुलिस ने दोनों शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और मामले की जांच की जा रही है। परिजनों की तहरीर के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
इलाहाबाद हाईकोर्ट की लखनऊ खंडपीठ में एक बंदी प्रत्यक्षीकरण याचिका पर सुनवाई हुई। इस दौरान राज्य सरकार ने न्यायालय को आश्वासन दिया कि प्रदेश में किसी भी व्यक्ति को गिरफ्तारी का कारण और आधार बताए बिना गिरफ्तार नहीं किया जाएगा। सरकार ने यह भी कहा कि सभी गिरफ्तारियां भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (बीएनएसएस) के प्रावधानों के तहत की जाएंगी। इस आश्वासन के बाद न्यायालय ने याचिका स्वीकार करते हुए याची को तत्काल रिहा करने का आदेश दिया। यह आदेश न्यायमूर्ति अब्दुल मोईन और न्यायमूर्ति प्रमोद कुमार श्रीवास्तव की खंडपीठ ने बलरामपुर निवासी संतोष गुप्ता की ओर से उनके पुत्र द्वारा दाखिल बंदी प्रत्यक्षीकरण याचिका पर दिया। संतोष गुप्ता को बलरामपुर जिले के कोतवाली नगर थाने में धोखाधड़ी और कूटरचना के आरोपों से संबंधित एक एफआईआर में आरोपी बनाया गया था। याची की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता पुरेंदू चक्रवर्ती और अधिवक्ता अतुल कृष्णा ने न्यायालय को बताया कि गिरफ्तारी गलत तरीके से की गई थी। अभियुक्त को गिरफ्तार करते समय यह नहीं बताया गया था कि उसे किस आधार पर गिरफ्तार किया जा रहा है। उन्होंने तर्क दिया कि यह सर्वोच्च न्यायालय द्वारा मिहिर राजेश शाह मामले में दिए गए दिशानिर्देशों का उल्लंघन है। बहस के बाद न्यायालय ने याची की गिरफ्तारी को अवैध घोषित कर दिया। साथ ही, मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट, बलरामपुर द्वारा पारित रिमांड आदेश को भी निरस्त कर दिया गया। राज्य सरकार की ओर से अपर महाधिवक्ता विनोद कुमार शाही ने न्यायालय को आश्वस्त किया कि भविष्य में प्रदेश में कोई भी गिरफ्तारी बिना कारण और आधार बताए न हो, इसके लिए पूर्ण प्रयास किए जाएंगे।
एनआईए ने अंतरराज्यीय गोला-बारूद तस्करी मामले में आरोपी के खिलाफ आरोपपत्र दाखिल किया
राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) ने बिहार, उत्तर प्रदेश और हरियाणा में फैले अवैध गोला-बारूद तस्करी मामले में एक कुख्यात हथियार और गोला-बारूद तस्कर पर आरोपपत्र दाखिल किया है।
ऑल इंडिया स्टेट बैंक ऑफ इंडिया स्टाफ फेडरेशन (AISBISF) के आह्वान पर स्टेट बैंक ऑफ इंडिया के कर्मचारी 16 सूत्रीय मांगों को लेकर 25 और 26 मई को दो दिवसीय देशव्यापी हड़ताल पर रहेंगे। इससे पहले शनिवार और रविवार का अवकाश होने के कारण लगातार चार दिन तक बैंकिंग कामकाज पूरी तरह ठप रहेगा। जोधपुर में गुरुवार को यूनियन के प्रदेश पदाधिकारी अजात शत्रु और प्रदेश महासचिव भवानीसिंह सोलंकी ने बैंक प्रबंधन पर द्विपक्षीय समझौतों के लगातार उल्लंघन का आरोप लगाते हुए इस संबंध में जानकारी दी। उन्होंने कहा कि यूनियन ने 16 सूत्रीय मांग पत्र जारी कर बैंक की कार्यप्रणाली, कर्मचारियों की भारी कमी और ग्राहकों की सुरक्षा से जुड़े गंभीर मुद्दे उठाए हैं। ये सभी मांगें बैंक और बैंक के ग्राहकों के हितों से जुड़ी है, न कि सीधे कर्मचारियों के व्यक्तिगत हित से। स्टाफ की भारी कमी और सुरक्षा पर खतरा यूनियन पदाधिकारी अजात शत्रु ने बताया कि पिछले 29 वर्षों से बैंक में 'मैसेंजर' की भर्ती नहीं की गई है, जिससे क्लेरिकल स्टाफ को ही मैसेंजर का काम करना पड़ रहा है। क्लर्क संवर्ग में भी भर्तियां लगातार घटने से कर्मचारियों पर काम का भारी दबाव है। वहीं, बैंक द्वारा 'सशस्त्र गार्ड्स' की आखिरी भर्ती वर्ष 2022 में की गई थी। एटीएम चोरी और बैंक डकैती के बढ़ते प्रयासों के बावजूद गार्ड्स की संख्या कम होना बैंक की संपत्ति और ग्राहकों की सुरक्षा के लिए बड़ा खतरा बन गया है। आउटसोर्सिंग से डेटा लीक और क्रॉस-सेलिंग का दबाव प्रदेश महासचिव भवानीसिंह सोलंकी ने बताया- प्रबंधन द्वारा स्थायी प्रकृति के कार्यों को आउटसोर्स किया जा रहा है। बाहरी कर्मचारियों की बैंक के संवेदनशील डेटा और केवाईसी तक पहुंच होने से डेटा लीक, धोखाधड़ी और पहचान चोरी का गंभीर जोखिम पैदा हो गया है। इसके अलावा व्यापारिक टार्गेट के भारी दबाव में 'क्रॉस-सेलिंग' के नाम पर ग्राहकों को गलत बीमा उत्पाद बेचे जा रहे हैं, जो सीधे तौर पर भारतीय रिजर्व बैंक और बीमा नियामक के दिशा-निर्देशों का खुला उल्लंघन है। भेदभावपूर्ण नीतियां और वेतन विसंगति यूनियन का आरोप है कि वित्त मंत्रालय के स्पष्ट निर्देशों के बावजूद एसबीआई अपने कर्मचारियों को एनपीएस के तहत 'पेंशन फंड मैनेजर' चुनने का विकल्प नहीं दे रहा है। 12वें द्विपक्षीय समझौते में सभी के लिए 17 प्रतिशत वेतन वृद्धि तय हुई थी, लेकिन बैंक ने अधिकारियों को 'स्पेशल पे' देकर उनकी वृद्धि 22 प्रतिशत कर दी है, जिससे समानता खत्म हो गई है। इसके अलावा 100 प्रतिशत मेडिकल रीइम्बर्समेंट, इलाज में 'पंचकर्म' को शामिल करने और 2019 के बाद भर्ती हुए कर्मचारियों के रोके गए 'इंटर सर्कल ट्रांसफर' को दोबारा शुरू करने की मांग की गई है। इस दौरान डिप्टी जनरल सेक्रेटरी देवेंद्र कुमार, एजीएस राजेंद्रसिंह कच्छवाहा, निर्मल कुमार गहलोत, रीजनल सेक्रेटरी नेमीचंद गहलोत और सदस्य कैलाश सोलंकी सहित अन्य पदाधिकारी भी मौजूद रहे। आंदोलन की यह रहेगी टाइमलाइन
दुर्ग पुलिस ने अपराधियों के खिलाफ अपनी कार्रवाई जारी रखते हुए दो अलग-अलग मामलों में सफलता हासिल की है। स्मृति नगर में हुई बाइक चोरी की घटना के कुछ घंटों के भीतर पुलिस ने चार मोटरसाइकिलें बरामद कीं और दो विधि से संघर्षरत बालकों को हिरासत में लिया। वहीं, धमधा थाना क्षेत्र में ऑनलाइन सट्टा संचालन मामले में फरार चल रहे दो आरोपियों ने पुलिस के दबाव के चलते आत्मसमर्पण कर दिया। स्मृति नगर चौकी क्षेत्र में रहने वाले छात्र सौम्य दुबे ने 6 मई की रात अपनी पैशन प्रो बाइक मकान के बाहर खड़ी की थी, जो सुबह गायब मिली। सौम्य मूल रूप से बेमेतरा जिले का निवासी है और पढ़ाई के लिए दुर्ग में किराए के मकान में रहता है। शिकायत दर्ज होने के बाद पुलिस ने मामले को गंभीरता से लिया। वाहन चोरी की बढ़ती घटनाओं को देखते हुए, पुलिस ने तत्काल जांच शुरू की, आसपास के सीसीटीवी फुटेज खंगाले और मुखबिरों को सक्रिय किया। जांच के दौरान, पुलिस को संदिग्ध गतिविधियां नजर आईं। तकनीकी साक्ष्यों और मुखबिरों की सूचना के आधार पर, पुलिस ने दो विधि से संघर्षरत बालकों को हिरासत में लिया। पूछताछ में उन्होंने स्मृति नगर के अलावा चरोदा, करंजा और गदा चौक इलाकों से भी मोटरसाइकिल चोरी करना स्वीकार किया। आरोपियों की निशानदेही पर पुलिस ने कुल चार मोटरसाइकिलें बरामद कीं, जिनमें एक पैशन प्रो, एक स्प्लेंडर और दो पल्सर बाइक शामिल हैं। जब्त किए गए वाहनों की कुल कीमत लगभग दो लाख रुपये बताई जा रही है। बरामद किए गए वाहनों में पैशन प्रो (CG 07 AF 1241), स्प्लेंडर (CG 07 BZ 8554), पल्सर (CG 25 H 0978) और पल्सर (CG 07 AB 6553) शामिल हैं। दोनों विधि से संघर्षरत बालकों के खिलाफ वैधानिक कार्रवाई कर उन्हें किशोर न्याय बोर्ड, दुर्ग में पेश किया गया। दूसरी ओर, धमधा थाना क्षेत्र में ऑनलाइन सट्टा संचालन के मामले में लंबे समय से फरार चल रहे दो आरोपियों ने पुलिस के लगातार दबाव के चलते आत्मसमर्पण कर दिया। ऑनलाइन सट्टा केस में भी बड़ी कार्रवाई इधर धमधा थाना क्षेत्र में ऑनलाइन सट्टा संचालन के मामले में भी पुलिस को बड़ी सफलता मिली। पुलिस के मुताबिक अपराध क्रमांक 193/2025 में जुआ एक्ट के तहत मामला दर्ज होने के बाद से आरोपी लगातार फरार थे। पुलिस लगातार संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही थी। गिरफ्तारी के बढ़ते दबाव के बीच दोनों आरोपियों ने आखिरकार आत्मसमर्पण कर दिया। पुलिस रिमांड में पूछताछ, फिर कोर्ट में पेशी गिरफ्तार आरोपियों की पहचान बनियापारा धमधा निवासी 35 वर्षीय नीतिश गुप्ता और ग्राम बिरझापुर निवासी 46 वर्षीय अमित शर्मा के रूप में हुई है। दोनों को पुलिस रिमांड पर लेकर पूछताछ की गई। पूछताछ पूरी होने के बाद आरोपियों को न्यायिक रिमांड के लिए न्यायालय में पेश किया गया।
इंदौर में खाद्य पदार्थों में मिलावट और अस्वच्छ परिस्थितियों में खाद्य निर्माण के खिलाफ खाद्य सुरक्षा विभाग ने बड़ा अभियान चलाया है। बुधवार और गुरुवार को शहर के विभिन्न प्रतिष्ठानों पर निरीक्षण कर कुल 29 खाद्य नमूने जांच के लिए एकत्रित किए गए। कई जगह गंभीर अनियमितताएं मिलने पर नोटिस जारी किए गए, जबकि एक प्रतिष्ठान का संचालन तत्काल बंद कराया गया। खाद्य सुरक्षा अधिकारियों की टीम ने धार रोड स्थित मां इंटरप्राइजेज पर औचक निरीक्षण किया। यहां “बॉम्बे चौपाटी” ब्रांड की कुल्फी, आइसक्रीम और फ्रोजन डेजर्ट का निर्माण एवं भंडारण किया जा रहा था। जांच के दौरान कोई वैध खाद्य लाइसेंस या पंजीयन नहीं मिला। संचालक द्वारा केवल स्टोरेज के लिए जारी पुराना रजिस्ट्रेशन प्रस्तुत किया गया, जबकि परिसर में निर्माण, ट्रेडिंग और स्टोरेज तीनों गतिविधियां संचालित हो रही थीं। निरीक्षण में कर्मचारी बिना कैप, ग्लव्स और एप्रोन के काम करते पाए गए। निर्माण स्थल पर गंदगी, मेडिकल फिटनेस प्रमाण पत्रों का अभाव और कुल्फी के सांचों को फर्श पर रखकर उपयोग किए जाने जैसी अनियमितताएं मिलीं। विभाग ने कुल्फी और फ्रोजन डेजर्ट के 8 नमूने जांच के लिए जब्त किए और प्रतिष्ठान का संचालन तत्काल प्रभाव से बंद करा दिया। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि आवश्यक स्वच्छता मानकों और वैध लाइसेंस के बाद ही संचालन की अनुमति दी जाएगी। इसके अलावा बियाबानी धार रोड स्थित पंकज आइस कैंडी से आइस कैंडी और फ्रोजन डेजर्ट के 5 नमूने लिए गए। कलेक्टर हेल्पलाइन पर मिली शिकायत के आधार पर राधिका फरियाली एंड सैंडविच का निरीक्षण कर साफ-सफाई और पेस्ट कंट्रोल सुधारने के निर्देश दिए गए तथा साबूदाना खिचड़ी का नमूना जांच के लिए भेजा गया। कई जगह से लिए जांच के नमूने विभाग ने श्री साईं डोसा भवन से इडली और चटनी, चाइनीज वोक से सॉस और पनीर, एशिया 7 से हक्का नूडल्स तथा मोम स्टेशन जूस से पाइनएप्पल और मिक्स फ्रूट जूस के नमूने भी जांच के लिए लिए। एशिया 7 में वेज और नॉनवेज खाद्य पदार्थों का पृथक भंडारण नहीं मिलने पर नोटिस जारी किया गया। उपभोक्ता शिकायत पर ब्लिंक कॉमर्स प्राइवेट लिमिटेड का निरीक्षण कर गंगवाल सूजी और मैदा के नमूने लिए गए। वहीं समोसा निक से समोसे का नमूना लिया गया। 6 मई को फ्रायो डीप से फ्रोजन डेजर्ट प्रीमिक्स, चॉकलेट वर्मीसेली और ग्रीक योगर्ट, जबकि डॉक्टर जोश से पाइनएप्पल जूस और सैंडविच के नमूने जांच के लिए लिए गए। इसी दौरान पालदा स्थित क्वालिटी केला कोल्ड स्टोरेज का निरीक्षण भी किया गया। यहां फलों को पकाने के लिए अनुमत रसायनों के उपयोग की पुष्टि हुई और विभाग ने संबंधित रिकॉर्ड की जांच की। प्रशासन का कहना है कि आमजन को सुरक्षित और गुणवत्तापूर्ण खाद्य सामग्री उपलब्ध कराना प्राथमिकता है और खाद्य सुरक्षा मानकों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कार्रवाई लगातार जारी रहेगी।
दैनिक भास्कर के पिपराली रोड स्थित मिलन मैरिज गार्डन में 2 दिवसीय आयोजित एजुकेशन एंड करियर फेयर 2026 गुरुवार से शुरू हुआ। पहले दिन विद्यार्थियों और अभिभावकों का उत्साह देखने को मिला। सुबह से ही विद्यार्थियों का जनसैलाब उमड़ पड़ा। पहले दिन 900 से अधिक विद्यार्थियों ने फेयर में देश की नामी यूनिवर्सिटी एवं करियर एक्सपर्ट से करियर संबंधी जानकारी प्राप्त की। कार्यक्रम की शुरुआत मोदी यूनिवर्सिटी ऑफ साइंस एंड टेक्नोलॉजी के कुलपति एवं प्रेसिडेंट प्रोफेसर आशुतोष भारद्वाज, पंजाब नेशनल बैंक के सर्किल हेड सुधांशु भूषण झा, जेजे यूनिवर्सिटी के कुलपति मधु गुप्ता, पीएनबी के सर्कल हैड सुधांशु भूषण झा व एसबीआई के एडीएम संदीप कुमार ने किया। इस मौके पर दैनिक भास्कर की सेल्स टीम से क्लस्टर हैड अयाज खान, यूनिट हेड भीम नागदा, झुंझुनूं यूनिट हेड तय्यब अली गौरी, सीकर सिटी डिप्टी मैनेजर अमित शर्मा, सैटेलाइट हेड नरेंद्र सिंह सहित शहर के कई लोग उपस्थित रहे। फेयर में विद्यार्थियों ने विभिन्न यूनिवर्सिटी एवं संस्थानों के प्रतिनिधियों से सीधे संवाद कर कोर्स, एडमिशन प्रक्रिया, फीस, स्कॉलरशिप एवं प्लेसमेंट से जुड़ी जानकारियां प्राप्त की। वहीं करियर एक्सपर्ट ने विद्यार्थियों को बदलते दौर के नए करियर विकल्पों और भविष्य की संभावनाओं को लेकर मार्गदर्शन दिया। इन कोर्स में दिखा स्टूडेंट्स का उत्साह, मिले गिफ्ट फेयर में विद्यार्थियों के बीच एमबीए, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई), इंजीनियरिंग, मेडिकल, आईएएस, डिफेंस एवं स्टडी अब्रॉड को लेकर सबसे अधिक उत्साह देखने को मिला। अभिभावकों ने भी इस आयोजन को विद्यार्थियों के भविष्य के लिए बेहद उपयोगी और मार्गदर्शक बताया। फेयर में रजिस्ट्रेशन करवाने वाले विद्यार्थियों को आकर्षक उपहार व बैग वितरित किए गए। साथ ही विद्यार्थियों को कोल्ड ड्रिंक एवं पिज्जा भी दिया गया। 20 यूनिवर्सिटी ने लिया हिस्सा इस शिक्षा महाकुंभ में देश की 20 से अधिक प्रतिष्ठित यूनिवर्सिटी एवं संस्थानों ने हिस्सा लिया। इनमें मोदी यूनिवर्सिटी लक्ष्मणगढ़, पारुल यूनिवर्सिटी वडोदरा, वीआईटी वेल्लोर, एमिटी यूनिवर्सिटी जयपुर, आईआईएस यूनिवर्सिटी जयपुर, पं. दीनदयाल एनर्जी यूनिवर्सिटी, शेखावाटी ग्रुप ऑफ इंस्टीट्यूशंस सीकर, एसजेआई यूनिवर्सिटी जयपुर, जेजेटी यूनिवर्सिटी झुंझुनूं, आर्या कॉलेज जयपुर, सुरेश ज्ञान विहार जयपुर, एमआईटी वर्ल्ड पीस यूनिवर्सिटी पुणे, एसआरएम यूनिवर्सिटी, प्रेस्टीज यूनिवर्सिटी इंदौर, पिंपरी चिंचवड यूनिवर्सिटी पुणे, ग्राफिक एरा यूनिवर्सिटी देहरादून, विश्वकर्मा यूनिवर्सिटी, आईटीएम यूनिवर्सिटी, आईसीएफएआई यूनिवर्सिटी जयपुर, इंटरमोस्ट स्टडी अब्रॉड, जेके लक्ष्मीपत यूनिवर्सिटी, निरवान यूनिवर्सिटी जयपुर सहित कई अन्य प्रमुख संस्थान शामिल हैं। कल फेयर का अंतिम दिन फेयर का अंतिम दिन शुक्रवार को रहेगा। इस दौरान 70 प्रतिशत या उससे अधिक अंक प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों का विशेष सम्मान किया जाएगा। साथ ही करियर एवं सफलता से जुड़े विशेष सेमिनार आयोजित होंगे, जिनमें पंजाब नेशनल बैंक के सर्किल हैड सुधांशु भूषण झा, स्टेट बैंक ऑफ इंडिया सीकर रीजनल ऑफिस के एडीएम संदीप कुमार, शिक्षा क्षेत्र के शिक्षाविद एवं प्रशासनिक अधिकारी विद्यार्थियों को सफलता के मंत्र देंगे। इसमें लीडरशिप कोच शंकर मूरलीधरण विद्यार्थियों को सेमिनार से एआई सिम्यूलेशन में कौन से करियर देंगे। साथ ही अल्क सर मेडिकल की पढ़ाई के लिए विशेष सेमिनार में विद्यार्थियों को जानकारी देंगे। कल भी मिलेंगे गिफ्ट शुक्रवार को भी पहले रजिस्ट्रेशन करवाने वाले हाल ही 12वीं पास विद्यार्थियों को पिज्जा एवं कोल्ड ड्रिंक दी जाएगी। साथ ही आकर्षक उपहार एवं बैग भी वितरित किए जाएंगे। विद्यार्थियों के लिए प्रवेश निशुल्क है। इस शिक्षा महोत्सव में एजुकेशन लोन पार्टनर पंजाब नेशनल बैंक एवं एसबीआई बैंक, नॉलेज पार्टनर प्रिंस एजुहब एवं मैट्रिक्स जेईई एकेडमी, रेडियो पार्टनर एफएम सीकर 89.6, स्टे पार्टनर लोहिया रिजॉर्ट एवं बी पब्लिकेशंस जुड़े हैं। वहीं राइड पार्टनर राइडस्लो द्वारा विद्यार्थियों की सुविधा के लिए शहर के प्रमुख स्थानों से इवेंट स्थल तक निशुल्क परिवहन सुविधा उपलब्ध करवाई जा रही है, ताकि अधिक से अधिक विद्यार्थी इस शिक्षा महाकुंभ का लाभ उठा सकें। अधिक जानकारी के लिए 9772801234 पर संपर्क किया जा सकता है।
गाजियाबाद में एक फैक्ट्री में टेस्टिंग के समय एसी का कंप्रेशर फट गया। हादसे में 2 कर्मचारियों की मौत हो गई। जबकि एक की हालत गंभीर बनी हुई है। घायल कर्मचारी को दिल्ली सफदरजंग अस्पताल में भर्ती कराया गया है। आवाज इतनी तेज थी कि धमाके की आवाज 2 किमी दूर तक सुनाई दी। हादसा गुरुवार शाम को साहिबाबाद इलाके में मेडोर्स रिन्यूवल एनर्जी नाम की फैक्टरी में हुआ। पानी ठंडा और गर्म करने वाली मशीनें बनाई जाती मेडोर्स रिन्यूवल एनर्जी फैक्ट्री में पानी ठंडा और गर्म करने वाली मशीनें बनाई जाती हैं। बताया जा रहा है कि फैक्ट्री में एसी कंप्रेशर की टेस्टिंग चल रही थी। इसी दौरान अचानक धमाका हो गया। धमाके की आवाज इतनी तेज थी कि करीब 2 किलोमीटर दूर तक सुनाई दी। आवाज सुनकर आसपास के इलाके में अफरा-तफरी मच गई। हादसे में इमरान और त्रिभुवन की मौत हो गई। वहीं, घायल कर्मचारी बांके बिहारी की हालत गंभीर बनी हुई है। एसीपी साहिबाबाद अमित कुमार सक्सेना ने बताया कि धमाके की सूचना मिलते ही लिंक रोड थाना पुलिस मौके पर पहुंच गई थी। शुरुआती जांच में सामने आया है कि कुछ प्रोडक्ट की टेस्टिंग के दौरान ब्लास्ट हुआ। तीनों कर्मचारियों को अस्पताल भेजा गया, जहां दो की मौत हो गई। पुलिस मामले की जांच कर आगे की कार्रवाई कर रही है।
रेवाड़ी में भीमराव अंबेडकर प्रतिमा तोड़ी:आरोपी को किया गिरफ्तार, भीम आर्मी ने की एनएसए लगाने की मांग
रेवाड़ी जिले के शहबाजपुर खालसा गांव में सामाजिक सौहार्द बिगाड़ने की कोशिश का मामला सामने आया है। कसौला थाना क्षेत्र में बुधवार और गुरुवार की दरम्यानी रात डॉ. भीमराव अंबेडकर और गुरुदेव शोभानाथ महाराज की प्रतिमाओं को खंडित कर दिया गया, जिसके बाद ग्रामीणों में भारी रोष फैल गया। गांव के सरपंच मनोज कुमार की शिकायत पर पुलिस ने एफआईआर दर्ज कर मामले की जांच शुरू की और संवेदनशील स्थिति को देखते हुए कई टीमें गठित की गईं। मामले में कार्रवाई करते हुए पुलिस की सीआईए टीम ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। सरपंच के अनुसार, आरोपी ने पूछताछ में बताया कि उसने शराब के नशे में इस वारदात को अंजाम दिया। घटना की सूचना मिलते ही कसौला थाना पुलिस और भीम आर्मी के पदाधिकारी मौके पर पहुंचे, जबकि गांव में तनावपूर्ण माहौल को देखते हुए सुरक्षा व्यवस्था बढ़ा दी गई। आरोपी की गिरफ्तारी के बावजूद भीम आर्मी अपनी अन्य मांगों को लेकर अब भी अड़ी हुई है। जिला प्रशासन रेवाड़ी सभी मांगों पर यदि निर्धारित समय सीमा में कार्रवाई नहीं करता है तो शहर में जल्द ही बड़ा आंदोलन खड़ा किया जाएगा। आंदोलन में भीम आर्मी चीफ सांसद चंद्रशेखर आजाद के भी आने की संभावना है आरोपियों पर एनएसए लगाने की मांग घटना के बाद घटना स्थल तुरंत भीम आर्मी के पदाधिकारी पहुंचे। जिला अध्यक्ष रोहित वाल्मीकि ने बताया कि, आरोपियों पर रासुका (एनएसए) के तहत सख्त मुकदमा दर्ज कर कठोर कार्रवाई की जाए। जिला प्रशासन उसी स्थान पर बाबा साहेब की नई प्रतिमा स्थापित करवाए और सीसीटीवी कैमरे लगवाए। गांव कसोला में 14 अप्रैल को पोस्टर जलाने वालों की भी तुरंत गिरफ्तारी हो। कल भीम आर्मी एसपी रेवाड़ी को मांग पत्र प्रशासन को दी चेतवानी भीम आर्मी ने चेतावनी दी है कि, यदि निर्धारित समय सीमा में उचित कार्रवाई नहीं हुई, तो शहर में बड़ा आंदोलन खड़ा किया जाएगा, जिसमें सांसद चंद्रशेखर आजाद के भी आने की संभावना है। इस मौके पर राजपाल चोटी, जिला अध्यक्ष रोहित वाल्मीकि, जिला उपाध्यक्ष दीपक गोठवाल, जिला महासचिव सुरजीत सिंह, जिला प्रभारी अशोक कुमार, जिला सचिव नरेंद्र वाल्मीकि, प्रवीन कुमार, ओमप्रकाश, रोहित भाटिया, बनवारी लाल, मोहम्मद ईकबाल समेत काफी लोग मौजूद रहे।
जोधपुर की एक कॉलोनी में रहने वाली 6 साल की मासूम बच्ची के साथ रेप का मामला सामने आया है। परिजनों की लिखित शिकायत के आधार पर पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है। अतिरिक्त पुलिस उपायुक्त (सिकाउ) शुभकरण ने बताया कि पीड़ित पक्ष की रिपोर्ट पर भारतीय न्याय संहिता (BNS) की सुसंगत धाराओं और पॉक्सो (POCSO) अधिनियम के तहत प्रकरण दर्ज किया गया है। वर्तमान में पीड़िता पूरी तरह स्वस्थ है और अपने परिजनों के साथ है। जानकारी के अनुसार, मामले में आरोप एक रिश्तेदार पर ही लगाए गए हैं। पुलिस ने मामले की विस्तृत जांच शुरू कर दी है। एडीसीपी (महिला अपराध अनुसंधान सेल, जिला पूर्व) शुभकरण स्वयं इस मामले की कमान संभाल रहे हैं। पुलिस किसी भी पक्ष के दावों पर निर्भर न रहकर हर संभावित पहलू (एंगल) से गहराई से जांच कर रही है, ताकि वास्तविकता सामने आ सके। मामले की सच्चाई मेडिकल रिपोर्ट और पीड़िता के बयानों से ही स्पष्ट होगी। पीड़िता की विस्तृत मेडिकल जांच और कानूनी प्रक्रिया के तहत दर्ज होने वाले आधिकारिक बयानों के बाद ही पूरी स्थिति साफ हो सकेगी। फिलहाल पुलिस की प्राथमिकता बच्ची की सुरक्षा और निष्पक्ष साक्ष्य जुटाना है।
देवास कलेक्टर ऋतुराज सिंह ने गुरुवार को सीएम हेल्पलाइन शिकायतों के निराकरण में लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों और कर्मचारियों पर सख्त कार्रवाई की। कलेक्टर कार्यालय सभाकक्ष में आयोजित समीक्षा बैठक में उन्होंने विभागवार लंबित शिकायतों की गहन समीक्षा की और जिम्मेदार अधिकारियों पर कार्रवाई के निर्देश दिए। इस कार्रवाई के तहत, उदयनगर के पटवारी पूनमचंद देवड़ा को सीमांकन संबंधी शिकायत का एक वर्ष से अधिक समय तक निराकरण न करने पर निलंबित करने के निर्देश दिए गए। इसी तरह, ग्राम खारिया के सचिव छोटेलाल चौहान को एक साल से अधिक समय से आधार कार्ड अपडेट न करने की शिकायत पर निलंबित करने के आदेश दिए गए। इसके अतिरिक्त, नगर परिषद सतवास के प्रभारी फकरूद्दीन शाह, डीसीसीबी बैंक भौंरासा के बैंक मैनेजर नेपाल सिंह शर्मा और बैंक ऑफ इंडिया के मैनेजर को शोकॉज नोटिस जारी करने के निर्देश दिए गए। सीएमओ, जेएसओ की वेतन वृद्धि रोकीकलेक्टर ने नेमावर सीएमओ आनंदीलाल वर्मा, प्रभारी कमलेश यादव, जेएसओ स्वाति मशराम और पीएम आवास योजना प्रभारी मनीषा सोलंकी की दो-दो वेतन वृद्धि रोकने के निर्देश दिए। वहीं, गीतिका सोनी, दीपक मुजाल्दे और भानसिंह राय की एक-एक वेतन वृद्धि रोकने के आदेश भी दिए गए। पीएम आवास योजना की पीओ रंजना जोशी का सात दिन और सोनकच्छ जनपद के बीपीओ कैलाश इवने का 15 दिन का वेतन काटने के निर्देश भी दिए गए। बैठक के दौरान कलेक्टर ने शिकायतकर्ताओं को सीधे कॉल कर निराकरण की स्थिति जानी। उन्होंने अधिकारियों को चेतावनी दी कि जन समस्याओं के समाधान में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। कलेक्टर ने सभी एसडीएम को निर्देश दिए कि वे एल-1 स्तर से दर्ज किए जा रहे जवाबों की स्वयं जांच करें और बिना ठोस निराकरण के जवाब अपलोड न किए जाएं। उन्होंने सभी अधिकारियों से सीएम हेल्पलाइन शिकायतों का समय सीमा में संतुष्टिपूर्वक निराकरण सुनिश्चित करने को कहा।
मध्यप्रदेश में दमोह के कलेक्टर प्रताप नारायण यादव के चैंबर से गोपनीय फोन कॉल और बैठकों की सूचनाएं लीक होने का मामला सामने आया है। कलेक्टर को तब शक हुआ, जब गुप्त निरीक्षण की जानकारी कुछ ही मिनटों में संबंधित विभाग तक पहुंच गई। इसके बाद उन्होंने खुद स्टिंग कर एक कर्मचारी को पकड़ा। मामले में सहायक ग्रेड-3 के एक कर्मचारी को निलंबित कर दिया गया है, जबकि दो अन्य कर्मचारियों को हटाकर उनके मूल विभाग भेजा गया है। कलेक्टर कार्यालय में लगे दो टेलीफोन सेट भी सील कर तकनीकी जांच के लिए भेजे गए हैं। गुप्त निरीक्षण की सूचना बाहर पहुंची, तब हुआ शक कलेक्टर प्रताप नारायण यादव ने बताया कि वे एक विभाग के गुप्त निरीक्षण की योजना बना रहे थे। इसकी जानकारी केवल उनके कक्ष में मौजूद अधिकारियों और कर्मचारियों को ही थी। बैठक के कुछ समय बाद संबंधित विभाग से फोन आया। बातचीत में संकेत मिला कि निरीक्षण की सूचना वहां पहले ही पहुंच चुकी है। इसके बाद कलेक्टर को शक हुआ कि चैंबर की गोपनीय बातें बाहर लीक की जा रही हैं। मोबाइल पर न्यूज चलाकर किया परीक्षण संदेह की पुष्टि के लिए कलेक्टर ने अपने मोबाइल पर न्यूज चलाकर आवाज तेज कर दी और फोन कमरे में छोड़कर बाहर निकल गए। इसके बाद बगल के कमरे में रखे फोन को उठाया गया, जहां वही आवाज सुनाई देने का दावा किया गया। इससे कलेक्टर कक्ष की बातचीत लीक होने की आशंका और मजबूत हो गई। एक कर्मचारी निलंबित, दो को हटाया गया मामले के बाद सहायक ग्रेड-3 सचिन खरे को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया। इसके अलावा लंबे समय से कलेक्टर कार्यालय में पदस्थ अजय कुमार असाटी और भृत्य जयदेव अहिरवार को हटाकर उनके मूल विभाग ‘सर्व शिक्षा केंद्र’ वापस भेज दिया गया है। प्रशासनिक स्तर पर इसे गोपनीयता भंग होने का गंभीर मामला माना जा रहा है। ‘निजी स्वार्थ में साझा की जाती थीं सूचनाएं’ कलेक्टर ने आशंका जताई है कि इस तरह की गतिविधियां लंबे समय से चल रही थीं। उनके मुताबिक कुछ कर्मचारी निजी स्वार्थ या अधिकारियों की नजर में ‘भला’ बनने के लिए गोपनीय सूचनाएं साझा करते थे। कौन-कौन इसमें शामिल, इसकी भी जांच फिलहाल दोनों टेलीफोन सेट सील कर तकनीकी जांच के लिए संबंधित एजेंसी को भेज दिए गए हैं। यह भी जांच की जा रही है कि बातचीत किस तरीके से बाहर सुनी जा रही थी और इसमें कौन-कौन लोग शामिल थे।
बेगूसराय में प्रशासन ने गौहत्या और गौमांस बेचने के खिलाफ कार्रवाई करते हुए 29 जिंदा पशु को बचाया है। मौके पर से आठ सिर कटा मृत पशु बरामद किया गया है। इस दौरान तीन लोगों को धारदार हथियार के साथ गिरफ्तार किया गया है। तेघड़ा एसडीओ और डीएसपी के नेतृत्व में यह कार्रवाई फुलवरिया थाना के बारो बाजार में हुई है। प्रशासन को गौहत्या कर मांस बेचे जाने का इनपुट मिला था। फुलवरिया थाना क्षेत्र के बारो बाजार में आज तेघड़ा एसडीओ राकेश कुमार और डीएसपी कृष्ण कुमार के नेतृत्व में बीडीओ, सीओ, फुलवड़िया थानाध्यक्ष, तेघड़ा थानाध्यक्ष और बछवाड़ा थानाध्यक्ष सहित सैकड़ों पुलिस कर्मियों ने छापेमारी कर दी। सभी पशुओं को कत्लखाना के पीछे छिपाकर रखा था बारो शाह टोला में अचानक पुलिस के पहुंचते ही हड़कंप मच गया। इसके बाद छापेमारी कर 6 से अधिक मकान से आठ से अधिक सर कटा गौवंश के साथ आपत्तिजनक हथियार और अन्य प्रतिबंधित सामान पुलिस ने बरामद किया गया। मौके से दो गाय, चार बछिया और बीस से अधिक गाय का छोटा बच्चा बाछा जिंदा बरामद किया गया। सभी पशुओं को कत्लखाना के पीछे छिपाकर रखा था। मौके पर से बरौनी नगर परिषद वार्ड नंबर-29 शाह टोला के रहने वाले मो. हासीम एवं मो. इशरायाल को गिरफ्तार किया गया है। वहीं एक अन्य आरोपी को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। जिंदा सभी पशु को एसडीओ के निर्देश पर तेघड़ा गौशाला भेजा गया है। लोगों का कहना है कि बीच आबादी में इस प्रकार पशु का खुलेआम कत्ल किया जाना दूर्भाग्यपूर्ण है। इस प्रकार का कारोबार किसके संरक्षण में चल रहा है। उस पर कार्रवाई होनी चाहिए। आजतक ऐसे लोग गिरफ्तार क्यों नहीं किया गया है। प्रशासन ऐसे लोगों पर कड़ी और कार्रवाई करे। तेघड़ा एसडीओ ने बेहतर प्रयास किया है। तेघड़ा एसडीओ तेघड़ा राकेश कुमार ने बताया कि गौ हत्या कर उसका मांस बेचने की लगातार शिकायत मिलने पर जगह को चिन्हित कर कार्रवाई की गई है। यह कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी, गौ हत्या या उसका मांस बेचना दंडनीय अपराध है। ऐसा करने वाले को किसी भी हाल में बख्शा नहीं जाएगा।
जयपुर के निजी अस्पतालों ने एकजुट होकर गुरुवार रात से अनिश्चितकालीन कार्य बहिष्कार का निर्णय लिया है। डॉक्टरों का आरोप है कि राजस्थान हाईकोर्ट में डॉ. सोनदेव बंसल की जमानत याचिका पर सुनवाई के दौरान उनके भाई और पिता के साथ अभद्रता व मारपीट की गई। इंडियन मेडिकल एसोसिएशन (IMA) जयपुर के महासचिव डॉ. अनुराग तोमर और 'पीएचएनएचएस' (PHNHS) के अध्यक्ष डॉ. विजय कपूर ने बताया- आज निविक हॉस्पिटल के डॉ. सोनदेव बंसल की जमानत याचिका पर सुनवाई होनी थी। इस दौरान वकीलों के एक समूह ने कोर्ट रूम में नारेबाजी और हंगामा किया, जिससे न्यायिक प्रक्रिया बाधित हुई। तनावपूर्ण स्थिति को देखते हुए कोर्ट ने सुनवाई 11 मई तक स्थगित कर दी। कोर्ट परिसर में डॉ. बंसल के पिता और भाई के साथ न केवल अभद्र व्यवहार हुआ, बल्कि उनके साथ मारपीट भी की गई। इस घटना से आक्रोशित डॉक्टरों ने सामूहिक निर्णय लिया है कि जब तक सुरक्षा और न्याय सुनिश्चित नहीं होता, शहर के निजी अस्पतालों में इलाज की सुविधाएं बंद रहेंगी। घटना के बाद IMA राजस्थान, जयपुर मेडिकल एसोसिएशन, पीएचएनएचएस सहित अन्य चिकित्सा संगठनों ने सामूहिक रूप से आज रात से जयपुर शहर में निजी चिकित्सा सेवाओं के अनिश्चितकालीन बहिष्कार की घोषणा की है। इस बहिष्कार में ओपीडी, आईपीडी एवं इमरजेंसी सेवाएं भी शामिल रहेंगी। चिकित्सक संगठनों ने ये रखी मांग
किशनगंज को केंद्र सरकार की ओर से बड़ी सौगात मिली है। बिहार मंत्रिमंडल के शपथ ग्रहण के तुरंत बाद यह घोषणा हुई कि जिले के पोठिया अंचल में केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल (CISF) का क्षेत्रीय प्रशिक्षण केंद्र (RTC) स्थापित किया जाएगा। इस प्रस्ताव को मंजूरी मिलने की जानकारी बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘X’ के माध्यम से साझा की। प्रशिक्षण केंद्र की स्थापना से सुरक्षा मजबूती होगी मुख्यमंत्री ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह का आभार व्यक्त करते हुए इसे सीमांचल क्षेत्र के लिए ऐतिहासिक उपलब्धि बताया। उन्होंने कहा कि इस प्रशिक्षण केंद्र की स्थापना से न केवल सुरक्षा व्यवस्था को मजबूती मिलेगी, बल्कि स्थानीय विकास को भी नई रफ्तार मिलेगी। संवेदनशील जिले में स्थापना बेहद महत्वपूर्ण जानकारी के अनुसार, पोठिया अंचल में करीब 110 एकड़ भूमि पर इस अत्याधुनिक प्रशिक्षण केंद्र का निर्माण किया जाएगा। यहां लगभग एक हजार CISF जवानों को प्रशिक्षण दिया जाएगा। सुरक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि अंतरराष्ट्रीय सीमा से सटे किशनगंज जैसे संवेदनशील जिले में इस तरह के केंद्र की स्थापना रणनीतिक दृष्टि से बेहद महत्वपूर्ण है। इससे बिहार समेत देशभर के औद्योगिक प्रतिष्ठानों और महत्वपूर्ण संस्थानों की सुरक्षा व्यवस्था को और अधिक सशक्त बनाया जा सकेगा। युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर खुलेंगे इस परियोजना से स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर भी खुलेंगे। निर्माण कार्य के दौरान प्रत्यक्ष रोजगार के साथ-साथ होटल, परिवहन, किराना और अन्य छोटे कारोबारों को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है। वहीं प्रशिक्षण केंद्र शुरू होने के बाद अप्रत्यक्ष रूप से भी बड़ी संख्या में रोजगार सृजित होंगे। प्रशासनिक सूत्रों के मुताबिक, भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया को तेज गति से पूरा करने के निर्देश दिए गए हैं। इसके साथ ही सड़क, बिजली, पानी, संचार और अन्य बुनियादी सुविधाओं के विकास को भी परियोजना से जोड़कर तेजी से आगे बढ़ाया जाएगा।
नवादा जिले के रोह प्रखंड में नई सीडीपीओ ज्योति सिन्हा ने हाल ही में कार्यभार संभाला है। पदभार ग्रहण करते ही उन्होंने क्षेत्र में सक्रियता दिखाते हुए एक दर्जन से अधिक आंगनबाड़ी केंद्रों का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने आंगनबाड़ी केंद्रों के कायाकल्प और गोद भराई कार्यक्रमों के माध्यम से महिलाओं को स्वास्थ्य जागरूकता प्रदान की। सीडीपीओ ज्योति सिन्हा ने निरीक्षण के दौरान केंद्रों की वास्तविक स्थिति का जायजा लिया। उन्होंने बच्चों, उनके माता-पिता और परिवार के सदस्यों से विस्तृत चर्चा की। उन्होंने बच्चों को पोषण, प्रारंभिक शिक्षा, स्वास्थ्य जांच और खेल-कूद संबंधी सुविधाओं की जानकारी दी। साथ ही, केंद्रों में उपलब्ध पोषण सामग्री, रखरखाव, रजिस्टरों और अन्य बुनियादी सुविधाओं की समीक्षा भी की। निरीक्षण के बाद कई अभिभावकों ने सीडीपीओ को बताया कि आंगनबाड़ी केंद्र अब पहले से काफी बेहतर हो गए हैं। बच्चों को यहां नियमित रूप से पौष्टिक आहार, टीकाकरण और सीखने का अच्छा माहौल मिल रहा है। अभिभावकों ने यह भी कहा कि आंगनबाड़ी केंद्र बच्चों के उज्ज्वल भविष्य की मजबूत नींव तैयार कर रहे हैं। ज्योति सिन्हा ने महिलाओं और परिवारों से प्रधानमंत्री मातृत्व वंदन योजना, पोषण अभियान और सुपोषित भारत सहित विभिन्न सरकारी कल्याणकारी कार्यक्रमों की जानकारी भी ली। जहां कहीं भी कमी पाई गई, उन्होंने तुरंत सुधार के निर्देश दिए। इसके अतिरिक्त, रोह प्रखंड के कई गांवों में गोद भराई कार्यक्रम आयोजित किए गए। इन कार्यक्रमों में सीडीपीओ ज्योति सिन्हा स्वयं उपस्थित रहीं और गर्भवती महिलाओं तथा नवजात शिशुओं की माताओं को स्तनपान, पोषण, स्वच्छता, टीकाकरण और शिशु देखभाल की विस्तृत जानकारी दी। महिलाओं ने सीडीपीओ के इस सक्रिय रवैये की सराहना की। सीडीपीओ ज्योति सिन्हा ने अपने बयान में कहा कि आंगनबाड़ी केंद्र समाज के महत्वपूर्ण आधार स्तंभ हैं। इनके माध्यम से बच्चे और मां दोनों की सेहत में सुधार लाया जा सकता है। उन्होंने भविष्य में और अधिक सक्रिय निरीक्षण तथा कार्यक्रम आयोजित करने का संकल्प जताया। स्थानीय लोगों और आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं में नई सीडीपीओ की इस कार्यशैली को सकारात्मक प्रतिक्रिया मिल रही है।
बुरहानपुर में गुरुवार को कोतवाली और शिकारपुरा के नए थाना प्रभारियों ने पदभार ग्रहण किया। नवागत थाना प्रभारी नीता देअरवाल (कोतवाली) और संदीप चौरसिया (शिकारपुरा) ने कार्यभार संभालने के बाद नगर पुलिस अधीक्षक (CSP) गौरव पाटिल से शिष्टाचार भेंट की। इस दौरान CSP पाटिल ने दोनों थाना प्रभारियों को उनके संबंधित थाना क्षेत्रों के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। उन्होंने आपराधिक तत्वों पर सख्त कार्रवाई करने, जनता की शिकायतों और लंबित मामलों का त्वरित निराकरण करने पर जोर दिया। आगामी त्योहारों के लिए सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए गए। पाटिल ने लंबित अपराधों, चालानों, मर्ग (अस्वाभाविक मृत्यु) और गुम इंसान के मामलों का शीघ्र निपटारा करने को कहा। उन्होंने समन्स और वारंट की समयबद्ध तामील, सीसीटीएनएस पर रिकॉर्ड को अद्यतन रखने तथा उच्च न्यायालय से संबंधित प्रकरणों को प्राथमिकता देने के निर्देश भी दिए। नगर पुलिस अधीक्षक ने यातायात प्रबंधन पर भी विशेष ध्यान देने को कहा। उन्होंने बैंक और सराफा जैसे भीड़भाड़ वाले क्षेत्रों में चेकिंग बढ़ाने तथा पूरे क्षेत्र में कानून व्यवस्था बनाए रखने के संबंध में विस्तृत जानकारी प्रदान की। पदभार ग्रहण करने के बाद, दोनों थाना प्रभारियों ने शहर का भ्रमण कर यातायात व्यवस्था का जायजा लिया।
आईफोन का लॉक नहीं खोल पाया बदमाश:भोपाल के हॉस्पिटल से चुराया था, पूछताछ में 20 मोबाइल मिले
इंदौर की द्वारकापुरी पुलिस ने पूर्व में इलाके में रहने वाले बदमाश को देखकर पुलिस ने चेंकिग की। उसके पास आईफोन मिला तो जवान चौंक गए। जब उससे पूछताछ की तो मोबाइल का लॉक नहीं खोल पाया। पुलिस उसे थाने ले गई तो उसके पास से चाकू और छिपाकर रखे 20 मोबाइल मिले हैं। इसे लेकर पूछताछ कर रही है। पुलिस ने गोविंद खत्री पुत्र खेमचंद दासवानी निवासी अवंतिपुर कॉलोनी उज्जैन को पकड़ा है। गोविद पूर्व में द्वारकापुरी में किराए से रहता था। वह नशा करने का आदी है। पुलिस ने देखा तो कपड़ों की तलाशी ली। उसके पास एक आईफोन मिल गया। पूछताछ करने पर उसने बताया कि मोबाइल भोपाल के अस्पताल से डॉक्टर का चुराया है। वहीं आरोपी से बैग मे रखे करीब 19 मोबाइल और मिले हैं। पूछताछ की जा रही है। बस स्टैंड पर मारपीट करने वालों का निकाला जुलूस सरवटे बस स्टैंड का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था। जिसमे बाइक सवार दो युवकों से बस के ड्रायवर ओर अन्य स्टाफ मारपीट कर रहा थ। वायरल वीडियो के बाद पुलिस ने पीड़ितों को थाने बुलाया था। लेकिन उन्होंने एफआईआर से इंकार कर दिया था। इधर मामले में अधिकारियों के निर्देश पर गुरुवार को सरवटे बस स्टैंड पर सभी का जुलूस निकाला गया। सभी पर प्रतिबंधात्मक कारवाई की है।
उत्तर पश्चिम रेलवे के जयपुर मंडल में जयपुर-रेवाड़ी रेलखंड पर निर्माण कार्य के चलते आगामी 10 मई को वंदे भारत एक्सप्रेस समेत 5 ट्रेनों का संचालन प्रभावित रहेगा। जोधपुर मंडल के सीनियर डीसीएम हितेश यादव ने बताया- जयपुर-रेवाड़ी मुख्य लाइन पर 'कट एंड कवर' विधि से एल-95 (खैरथल-पड़िसल) और एल-106 (पड़िसल-अलवर) के बीच आरएचबी (RHB - Rail Height Bridge/Underpass) निर्माण कार्य के लिए ब्लॉक लिया जा रहा है। इस निर्माण कार्य के कारण संबंधित ट्रेनों का एक-एक ट्रिप प्रभावित रहेगा। 26481 जोधपुर-दिल्ली कैंट वंदे भारत एक्सप्रेस 10 मई को डेगाना-फुलेरा-जयपुर-अलवर-रेवाड़ी की जगह जयपुर-रींगस-रेवाड़ी होकर चलेगी। 14661 बाड़मेर-जम्मूतवी शालीमार एक्सप्रेस 10 मई को डेगाना-फुलेरा-जयपुर-अलवर-रेवाड़ी की जगह डेगाना-रतनगढ़-लोहारू-रेवाड़ी होकर चलेगी। 14662 जम्मूतवी-बाड़मेर एक्सप्रेस 9 मई को जम्मू से रवाना होने वाली यह ट्रेन भी बदले मार्ग रेवाड़ी-लोहारू-रतनगढ़-डेगाना होते हुए आएगी। 15013 जैसलमेर-काठगोदाम रानीखेत एक्सप्रेस 10 मई को जोधपुर-मारवाड़ जं.-अजमेर-जयपुर-अलवर की जगह जोधपुर-डेगाना-रतनगढ़-लोहारू-रेवाड़ी होकर चलेगी। 12249 शकूर बस्ती-जैसलमेर स्वर्णगरी एक्सप्रेस 10 मई को 30 मिनट रेगुलेट रहेगी। रेल प्रशासन ने यात्रियों से अनुरोध किया है कि असुविधा से बचने के लिए यात्रा से पहले हेल्पलाइन 139,एनटीईएस वेबसाइट या रेल मदद ऐप पर ट्रेन की स्थिति जांच लें।
खंडवा में हफ्ता ना देने पर गुरुवार रात मोमोस वाले का ठेला पलटाने की कोशिश की गई। मोमोस वाले ने हंगामा खड़ा किया तो सभी भाग निकले। ठेले वाले ने गुंडागर्दी का आरोप भाजपा पार्षद के भतीजे और वसूली मंडल अध्यक्ष के इशारे पर होना बताया हैं। बता दें कि मोमोस वाले से रोजाना के 500 रूपए मांगे जाने का मामला पहले भी गर्मा चुका है। भाजपा के संगठन प्रभारी को जवाब देना पड़ा था। आरोप है कि बावजूद भाजपा संरक्षित नेताओं की गुंडागर्दी पर विराम नहीं लगा। गुरुवार रात 8 बजे भाजपा पार्षद और महापौर मंत्रिमंडल में शामिल ऊषा दिनेश पंवार का भतीजा व उसके साथी मोमोस वाले के पास पहुंच गए। उससे ठेला लगाने के बदले रोज के 500 रूपए देने की मांग की। मना करने पर ठेले वाले और उसके बच्चों को गालियां दी गई। ठेला पलटाने की कोशिश की गई। इस दौरान कढ़ाई में भरा हुआ गर्म तेल गिर गया। लंबे समय से परेशान था मोमोस वालागुंडागर्दी और हफ्ता वसूली से मोमोस ठेले वाला लंबे समय से परेशान है। घंटाघर चौक पर ठेला लगाने के बदले उससे रोजाना के 500 रूपए मांगे जाने लगे। वह कई दिनों तक देता रहा। लेकिन अब हफ्ता ना देने पर बच्चों को गालियां दी गई और गरम तेल गिरने से बच्चे भी बाल-बाल बचे तो एक पिता के रूप में ठेले वाले का गुस्सा फूट पड़ा। ठेले वाले ने बीच बाजार में शोर मचाया, इतने में गुंडे भाग निकले। ठेले वाले ने भाजपा मंडल से जुड़े रोहित मिश्रा, विजय पंवार पर आरोप लगाया है। बताया कि इनके द्वारा सीएम हेल्पलाइन को भी ब्लैकमेलिंग का जरिया बनाया गया हैं। नया ठेला लगाया, टीआई मौके पर पहुंचेइधर, घटना की जानकारी मिलने पर कोतवाली टीआई प्रवीण आर्य और पुलिसकर्मी मौके पर पहुंचे। मामले में मोमोस वाले को शिकायत लेकर थाने बुलाया गया है। शिकायत के बाद पुलिस ने एक्शन लेने की बात कही है। उधर, भाजपा नेताओं ने उसी जगह नया ठेला खड़ा कर दिया है। उन्होंने मोमोस वाले को धमकाया कि यदि 500 रूपए रोजाना के नहीं दिए तो नगर निगम वालों से कहकर तेरा ठेला हटवाकर दूसरे का लगवा देंगे।
राजस्थान सरकार के गृह (ग्रुप-1) विभाग ने राजस्थान पुलिस सेवा में बड़ा प्रशासनिक फेरबदल करते हुए 84 RPS अधिकारियों के तबादले किए हैं। इस संबंध में आदेश जारी कर अधिकारियों को तत्काल प्रभाव से नए पदस्थापन स्थल पर कार्यभार ग्रहण करने के निर्देश दिए गए हैं। आदेश के अनुसार- कई जिलों और पुलिस आयुक्तालयों में महत्वपूर्ण बदलाव किए गए हैं। हाल ही में प्रमोट हुए 36 अधिकारियों को नए पदों पर नियुक्ति दी गई है। पाली, अलवर, अजमेर, जोधपुर, जयपुर, बीकानेर, उदयपुर, भरतपुर और बाड़मेर समेत कई जिलों में नए अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (ASP) लगाए गए हैं। सरकार ने कुछ पूर्व तबादला आदेशों में संशोधन भी किया है। हिम्मत सिंह का सिविल राइट्स पुलिस मुख्यालय जयपुर से अनुसंधान सेल बारां के पद पर किया गया ट्रांसफर निरस्त कर दिया गया। वहीं यशपाल त्रिपाठी को कालीबाई महिला बटालियन, अलवर के पद के साथ-साथ ASP पीटीएस अलवर के रिक्त पद का अतिरिक्त प्रभार सौंपा है। देखिए ट्रांसफर लिस्ट…
करीब दो माह पहले इंदौर में मप्र वित्त निगम की एमडी और 2009 बैच की आईएएस वंदना वैद्य के फार्म हॉउस के जुआ कांड में सस्पेंड मानपुर टीआई लोकेंद्र सिंह हिहोरे का सस्पेंशन ऑर्डर हाई कोर्ट ने खारिज कर दिया है। गुरुवार को मामले में हाई कोर्ट ने इस लेकर आदेश जारी किया है। हाईकोर्ट ने इस मामले में लिखा कि यह आदेश पूरी तरह से मनमाना, दिखावटी और प्रतिशोधात्मक है। याचिकाकर्ता द्वारा साफ लिखा है कि आईएएस का घटनास्थल बदलने के लिए दबाव आया। जब इसका पालन नहीं किया और सत्यनिष्ठा के साथ एफआईआर में सही लिखा तो सस्पेंड कर दिया गया। हाईकोर्ट ने कहा कि इन आरोपों का प्रतिवादियों द्वारा ना खंडन किया गया, ना ही समर्थन, पूरे मामले में चुप्पी साधी रखी गई। लेकिन घटना का पूरा क्रम बताता है कि यह आदेश प्रतिशोधात्मक था और उच्च स्तर के आदेश का पालन नहीं करने के कारण किया गया। पुलिस द्वारा की गई जांच में भी कोई स्वतंत्र गवाह नहीं है और पुराने केस गिनाए गए हैं। गौरतलब है कि 10-11 मार्च की रात आईएएस वंदना वैद्य के फार्महाउस पर जुआ खेलते लोगों को पकड़ा गया था। इसके बाद मानपुर टीआई लोकेंद्र सिंह हिहोरे, एसआई मिथुन ओसारी और एएसआई रेशम गिरवाल को सस्पेंड कर दिया गया। कुछ दिन बाद एसआई और एएसआई बहाल हो गए, लेकिन टीआई पर कार्रवाई जारी रही और उन्हें बुरहानपुर अटैच कर दिया गया था। पिछले दिनों इस मामले में हाई कोर्ट में हुई सुनवाई में जहां पुलिस की कार्रवाई पर सख्त सवाल उठे, वहीं टीआई ने आरोप लगाया कि जुआ पकड़ने के बाद उन पर महिला आईएएस अधिकारी का नाम एफआईआर से हटाने का दबाव बनाया गया। कोर्ट ने पूछा था जब कार्रवाई हुई तो आईएएस के बयान क्यों नहीं लिए गए और फार्म हॉउस पर CCTV क्यों नहीं थे? साथ ही टिप्पणी की थी कि अगर ड्यूटी कर रहे पुलिसकर्मी को ही सस्पेंड किया जाएगा, तो कोई निष्पक्ष कार्रवाई नहीं करेगा। इसके बाद कोर्ट ने फैसला सुरक्षित रख लिया था। दस्तावेज से साफ है कि वे गश्त पर थेहाईकोर्ट ने यह भी लिखा कि इसी तरह का जुआकांड सिमरोल थाने में भी पकड़ा गया, लेकिन इसमें थाना प्रभारी पर कोई कार्रवाई नहीं हुई। इस तरह की पिक एंड चूज पॉलिसी नहीं चल सकती। जबकि मानपुर टीआई द्वारा की गई कार्रवाई अपराध को रोकने वाली थी और दस्तावेज से साफ है कि वह गश्त पर थे और मुखबिर से सूचना मिलने पर मौके पर गए और जुआ पकड़ा। अन्य किसी द्वारा यह सूचना नहीं दी गई थी। ना ही यह कहीं पर आया कि पहले से ही जुआ चल रहा था और टीआई को इसकी खबर थी।हाईकोर्ट ने यह भी कहा कि घटना से यह साफ दिख रहा है कि जब याचिकाकर्ता द्वारा आदेश के खिलाफ याचिका दायर की गई तो उसे ट्रांसफर कर दिया गया। इसके चलते इस मामले में आदेश देने की स्थिति पैदा हो गई और एसपी द्वारा 11 मार्च को दिया गया सस्पेंशन आदेश निरस्त किया जाता है। इसके चलते हुई सभी कार्रवाई को भी निरस्त किया जाता है। हालांकि शासन पक्ष कानून के अनुसार उपयुक्त कार्रवाई करने के लिए स्वतंत्र है। टीआई बोले थे याचिका लगाने पर प्रताड़ित किया टीआई हिहोरे ने हाईकोर्ट में याचिका दायर कर कहा था कि उन पर आईएएस का नाम एफआईआर में न जोड़ने और घटनास्थल बदलने का दबाव बनाया गया। इनकार करने पर उसी दिन सस्पेंड कर दिया गया। याचिका लगाने के बाद ट्रांसफर कर प्रताड़ित किया गया। दो याचिकाएं, सुनवाई जारी टीआई ने यह भी कहा था कि 15 मार्च को सिमरोल में बड़ा जुआ पकड़ा गया, लेकिन वहां के टीआई पर कोई कार्रवाई नहीं हुई। इस पर भी कोर्ट ने सरकार से जवाब मांगा, लेकिन स्पष्ट जवाब नहीं मिला। टीआई ने सस्पेंशन और चार्जशीट को चुनौती देते हुए दो याचिकाएं दायर की। सस्पेंशन पर फैसला सुरक्षित रखा था, जबकि चार्जशीट पर सुनवाई बाकी है। ये खबर भी पढ़ें… महिला IAS के फार्म हाउस में चल रहा था जुआ इंदौर जिले के महू के मानपुर क्षेत्र में महिला IAS अधिकारी के नाम पर दर्ज फार्महाउस में चल रहे जुए के बड़े अड्डे का पुलिस ने भंडाफोड़ किया है। कार्रवाई में 18 जुआरियों को गिरफ्तार किया है। उनके पास से 13 लाख 67 हजार 971 रुपए नकद समेत करीब 28.67 लाख रुपए का सामान जब्त किया गया है। पूरी खबर पढ़ें
बैतूल जिले के कोयलारी गांव में हुए गौवंश विस्फोट कांड ने गंभीर रूप ले लिया है। ग्रामीणों और राष्ट्रीय हिंदू सेना ने दावा किया है कि इस घटना में अब तक 6 गौवंश की मौत हो चुकी है, जबकि कुल 11 गौवंश प्रभावित हुए हैं। इस मामले को लेकर ग्रामीणों और संगठन के कार्यकर्ताओं ने गुरुवार शाम कलेक्टर एवं एसपी कार्यालय पहुंचकर ज्ञापन सौंपा और दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की मांग की। राष्ट्रीय हिंदू सेना के प्रदेश संयोजक पवन मालवीय के नेतृत्व में पहुंचे ग्रामीणों ने प्रशासन से विस्फोटक अधिनियम के तहत एफआईआर दर्ज करने, विशेष जांच दल (एसआईटी) गठित करने और प्रभावित पशुपालकों को उचित मुआवजा देने की मांग की। घटना के बाद क्षेत्र में भय और आक्रोश का माहौल बना हुआ है। उच्च स्तरीय जांच कराने की मांगग्रामीणों ने आरोप लगाया है कि पुलिस प्रशासन प्रभावित गौवंशों की संख्या कम बताकर मामले को हल्का दिखाने की कोशिश कर रहा है, जिससे उनमें नाराजगी बढ़ रही है। संगठन ने ज्ञापन में मांग की कि आरोपियों तक विस्फोटक सामग्री कैसे पहुंची और बारूद कहां से लाया गया, इसकी उच्च स्तरीय जांच कराई जाए। संगठन ने यह आशंका भी जताई कि ऐसी घटनाएं सामाजिक सौहार्द बिगाड़ने का प्रयास हो सकती हैं। ग्रामीणों और संगठन ने पुलिस अधीक्षक से आरोपियों के खिलाफ भारतीय दंड संहिता की धारा 429, मध्यप्रदेश गौवंश वध प्रतिषेध अधिनियम तथा विस्फोटक पदार्थ अधिनियम के तहत एफआईआर दर्ज करने की मांग की है। शीघ्र गिरफ्तारी सुनिश्चित की जाएइसके साथ ही, एसआईटी गठित कर शीघ्र गिरफ्तारी सुनिश्चित करने और मामले की सुनवाई फास्ट ट्रैक कोर्ट में कराकर आरोपियों को सजा दिलाने की मांग भी की गई। घटना के बाद ग्रामीणों ने पंचनामा तैयार कर मृत और घायल गौवंशों का विवरण प्रशासन को सौंपा है। पंचनामे के अनुसार, लखन मवासे, चुन्ना शैलू, अनिल सलाम, समरलाल कुमरे के एक-एक बैल तथा लखन काजले और रामेश्वर अखंडे की एक-एक गाय की मौत हुई है। वहीं, दो गाय गंभीर रूप से घायल बताई गई हैं। ग्रामीणों ने मृत और घायल गौवंशों के मालिकों को उचित मुआवजा देने और नुकसान की भरपाई करने की मांग भी की है।
मधुबनी जिले में गुरुवार को सभी आंगनबाड़ी केंद्रों पर गोद भराई दिवस का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम महिला एवं बाल विकास विभाग के निर्देशानुसार हर माह की 7 तारीख को नियमित रूप से किया जाता है। गर्भवती महिलाओं को दी गई महत्वपूर्ण जानकारी कार्यक्रम के दौरान गर्भवती महिलाओं और उनके परिवारजनों को मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य, पोषण और स्वच्छता के प्रति जागरूक किया गया। उन्हें संतुलित आहार, नियमित स्वास्थ्य जांच, टीकाकरण और सुरक्षित प्रसव के महत्व के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई। इसके साथ ही हरी सब्जियों, दालों, फलों और स्थानीय पोषक खाद्य पदार्थों के सेवन पर विशेष जोर दिया गया, ताकि मां और बच्चे दोनों का बेहतर विकास सुनिश्चित हो सके। पहले 1000 दिन बेहद अहम: अधिकारी आईसीडीएस, मधुबनी की जिला प्रोग्राम पदाधिकारी डॉ. ललिता कुमारी ने कहा कि स्वस्थ समाज की नींव स्वस्थ मां और शिशु से बनती है। उन्होंने बताया कि बच्चे के जीवन के पहले 1000 दिन—जो गर्भधारण से शुरू होते हैं—अत्यंत महत्वपूर्ण होते हैं। उन्होंने कहा कि इस अवधि में गर्भवती महिलाओं की सभी पोषण संबंधी जरूरतों की पूर्ति और नियमित टीकाकरण बेहद जरूरी है। आंगनबाड़ी केंद्रों के माध्यम से टी.एच.आर. (टेक होम राशन) भी उपलब्ध कराया जा रहा है। ग्रामीण स्तर पर जागरूकता अभियान जारी जिले के सभी आंगनबाड़ी केंद्रों पर ग्राम स्वास्थ्य, पोषण एवं स्वच्छता दिवस के माध्यम से स्वास्थ्य सेवाओं और पोषण योजनाओं का लाभ लाभार्थियों तक पहुंचाया जा रहा है। कार्यक्रमों में सेविका, सहायिका, आशा कार्यकर्ता, एएनएम और स्थानीय जनप्रतिनिधियों की सक्रिय भागीदारी देखी गई। प्रशासन की अपील जिला प्रशासन और आईसीडीएस अधिकारियों ने गर्भवती महिलाओं एवं उनके परिवारों से अपील की है कि वे इन जानकारियों का पालन करें और सरकारी योजनाओं का पूरा लाभ उठाएं, ताकि सुरक्षित मातृत्व और स्वस्थ शिशु विकास सुनिश्चित हो सके।
मौसमी मीणा बनी टाेंक महिला कांग्रेस जिलाध्यक्ष:प्रदेश महिला अध्यक्ष सारिका सिंह ने जारी किए आदेश
टोंक में महिला कांग्रेस की जिला अध्यक्ष पद पर मौसमी मीणा की नियुक्ति की गई है। इसका नियुक्ति ऑर्डर आज ही कांग्रेस की राजस्थान प्रदेश महिला अध्यक्ष सारिका सिंह ने जारी किए हैं। मौसमी देवी अभी टोंक विधानसभा क्षेत्र के पालड़ा ग्राम पंचायत की प्रशासक (सरपंच) है। वह लंबे समय से कांग्रेस पार्टी में सक्रिय हैं। वे पायलट समर्थक मानी जाती हैं। इस अवसर पर राजस्थान प्रदेश महिला कांग्रेस कमेटी के महासचिव रिक्की सिंह हंतरा ने उन्हें हार्दिक बधाई एवं उज्ज्वल कार्यकाल की शुभकामनाएं दीं। रिक्की सिंह हंतरा ने कहा कि मौसमी मीणा के नेतृत्व में संगठन को नई ऊर्जा, मजबूती एवं महिलाओं की आवाज को नई पहचान मिलेगी। उन्होंने इस महत्वपूर्ण जिम्मेदारी के लिए अलका लांबा एवं सरिका सिंह का आभार व्यक्त करते हुए धन्यवाद ज्ञापित किया।
छत्तीसगढ़ के कबीरधाम जिले में काम को लेकर आपसी विवाद में ननद ने लोहे की रपली से सिर पर लगातार कई वार करके अपनी भाभी की हत्या कर दी। इसके बाद घटना को दुष्कर्म जैसा दिखाने के लिए उसने शव के कपड़े फाड़ दिए, ताकि पुलिस गुमराह हो जाए और शक किसी पुरुष पर जाए। दरअसल, ननद और भाभी के बीच लंबे समय से विवाद चल रहा था। दोनों के बीच पहले भी कई बार गंभीर मारपीट हो चुकी थी। करीब 6 महीने पहले भी ननद ने भाभी का गला दबाकर मारने की कोशिश की थी, लेकिन उस समय परिवार के लोगों ने बीच-बचाव कर मामला शांत करा दिया था। फिलहाल पुलिस ने इस मामले में आरोपी ननद को गिरफ्तार कर लिया है। यह मामला लोहारा थाना क्षेत्र के ग्राम सिंगारपुर का है। अब जानिए पूरा मामला जानकारी के अनुसार, यह घटना 3 मई 2026 को सामने आई, जब झोंकाखार खेत में एक महिला का शव संदिग्ध अवस्था में मिला। सूचना मिलते ही लोहारा थाना की टीम मौके पर पहुंची। महिला का शव निर्वस्त्र पड़ा था।उसके सिर और चेहरे पर गंभीर चोट के निशान थे। प्रारंभिक जांच में पुलिस इसे दुष्कर्म के बाद हत्या का मामला मान रही थी। पुलिस ने मौके पर मर्ग पंचनामा की कार्रवाई की और अज्ञात आरोपी के खिलाफ अपराध दर्ज कर जांच शुरू की। जांच में पता चला कि मृतक महिला की पहचान ग्राम सिंगारपुर निवासी 32 वर्षीय बेलसिया छेदैया के रूप में हुई। मामले की गंभीरता को देखते हुए, कबीरधाम पुलिस अधीक्षक धर्मेंद्र सिंह ने जांच टीम का गठन किया और तत्काल जांच के निर्देश दिए। घटनास्थल से मिले कई अहम सबूत कबीरधाम पुलिस ने घटनास्थल की बारीकी से जांच की। जांच के दौरान रपली, हंसिया, टूटी चूड़ियां, कपड़ों के टुकड़े, बटन और साड़ी पिन जैसे अहम सबूत मिले। साइबर सेल और एफएसएल टीम की मदद से इन तकनीकी और वहां मिले सबूतों की जांच की गई। जांच में पता चला कि महिला के साथ रेप नहीं हुआ है। पुलिस ने पाया कि शव को निर्वस्त्र इसलिए किया गया था ताकि पुलिस को लगे उसके साथ दुष्कर्म हुआ है। पुलिस टीम ने मृतक महिला के परिजनों और संदिग्धों से लगातार पूछताछ की। इसमें यह बात सामने आई कि आरोपी मालती मरकाम (33) का पति नरेन्द्र मरकाम शराब पीकर उसके साथ मारपीट करता था। इस वजह से वह लगभग पांच साल पहले अपने ससुराल को छोड़कर मायके चली आई और तब से यहीं रह रही थी। घर के कामकाज को लेकर होता था विवाद वहीं, घर के कामकाज और बंटवारे की बात को लेकर मालती का अपनी भाभी बेलसिया के बीच तानेबाजी और झगड़े होते रहते थे। दोनों के बीच पहले भी कई बार गंभीर मारपीट हो चुकी थी। इतना ही नहीं, करीब 6 महीने पहले भी आरोपी महिला ने भाभी का गला दबाकर मारने की कोशिश की थी, लेकिन उस समय परिवार के लोगों ने बीच-बचाव कर मामला शांत करा दिया था। इसके बाद संदेही मालती मरकाम से लगातार पूछताछ की गई। सख्ती से पूछताछ करने पर उसने अपना जुर्म कबूल कर लिया। आरोपी महिला ने बताया कि उसका आए दिन उसकी भाभी से झगड़ा होता रहता था। इससे परेशान होकर उसने भाभी को मारने की प्लानिंग की। प्लानिंग के तहत मालती ने 3 मई 2026 को खेत में काम कर रही अपनी भाभी बेलसिया पर पीछे से हमला कर दिया। उसने लोहे की रपली से सिर पर लगातार कई वार किए, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। पुलिस को गुमराह करने के लिए शव के कपड़े फाड़े हत्या के बाद आरोपी ने खुद को बचाने और पुलिस को गुमराह करने के लिए शव के कपड़े फाड़ दिए और उसे निर्वस्त्र हालत में छोड़ दिया। आरोपी चाहती थी कि मामला दुष्कर्म या सामूहिक अपराध जैसा लगे और पुलिस का शक किसी पुरुष पर जाए। पूछताछ में उसने बताया कि उसने मोबाइल और सोशल मीडिया में इस तरह की घटनाएं देखी थीं, उसी से उसे यह तरीका सूझा। हालांकि, पुलिस की शुरुआती जांच और मेडिकल रिपोर्ट में साफ हो गया कि मृतिका के साथ किसी तरह का दुष्कर्म नहीं हुआ था। पूरी वारदात पारिवारिक रंजिश में की गई सुनियोजित हत्या निकली। पुलिस ने आरोपी मालती मरकाम, पति नरेन्द्र मरकाम, उम्र 33 वर्ष, निवासी सिंगारपुर थाना सहसपुर लोहारा जिला कबीरधाम को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया है।
किशनगंज के बेथेल मिशन स्कूल से लापता हुए दो छात्र गुरुवार को नई दिल्ली रेलवे स्टेशन से बरामद कर लिए गए हैं। परिजनों ने गुरुवार शाम को इसकी पुष्टि की। ये छात्र बीते 6 मई को स्कूल से छुट्टी के बाद लापता हो गए थे। किशनगंज शहर स्थित बेथेल मिशन स्कूल के कक्षा 7 के छात्र अमन रेजा और शबात अंजुम बीते बुधवार को स्कूल गेट से बाहर निकलते हुए सीसीटीवी फुटेज में देखे गए थे। हालांकि, वे अपने घर नहीं पहुंचे। अमन रेजा स्कूल के छात्रावास में रहता था, जबकि शबात अंजुम प्रतिदिन घर से स्कूल आता-जाता था। लापता छात्रों की पहचान 14 वर्षीय अमन रेजा (पिता: मो० मेहमुद आलम) और 13 वर्षीय शबात अंजुम (पिता: हमिदुर रहमान) के रूप में हुई थी। स्कूल के उप-प्राचार्य दिगेन्द्र कुमार सिंह के अनुसार, दोनों छात्र 6 मई को दोपहर लगभग 1:50 बजे स्कूल की छुट्टी के बाद गेट से बाहर निकले थे। स्कूल प्रशासन और परिजन तलाश में जुटे थे छात्रों के लापता होने के बाद, बेथेल मिशन स्कूल के उप-प्राचार्य दिगेन्द्र कुमार सिंह ने किशनगंज थाने में शिकायत दर्ज कराई थी। इस मामले की सूचना चाइल्ड हेल्पलाइन, किशनगंज को भी दी गई थी, जिसके बाद स्कूल प्रशासन और परिजन लगातार उनकी तलाश में जुटे थे। अमन रेज़ा के पिता मेहमूद आलम ने बताया कि उनके भतीजे वसीम, जो दिल्ली में कार्यरत हैं, ने दोनों बच्चों को नई दिल्ली रेलवे स्टेशन पर ढूंढ निकाला। वसीम भी बच्चों की तलाश में सक्रिय रूप से शामिल थे। हालांकि, छात्र किशनगंज से दिल्ली कैसे पहुंचे, यह अभी स्पष्ट नहीं हो पाया है। परिजनों के अनुसार, वे खुद ही घूमने निकल गए थे। पुलिस इस मामले में आगे की जांच कर रही है।
सरगुजा में छात्रा से फेसबुक पर दोस्ती हुई तो युवक ने शादी का झांसा देकर उसका तीन सालों तक दुष्कर्म किया। छात्रा प्रेग्नेंट हो गई तो युवक ने दवाएं देकर अबॉर्शन करा दिया। पीड़िता ने जब शादी के लिए कहा तो युवक मुकर गया और उसका फोन उठाना भी बंद कर दिया। मामले की शिकायत पर कार्रवाई करते हुए पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। मामला बतौली थाना क्षेत्र का है। जानकारी के मुताबिक, पीड़ित छात्रा का वर्ष 2022 में बतौली निवासी विक्रम सिंह से सोशल मीडिया प्लेटफार्म फेसबुक से परिचय हुआ था। दोनों के बीच फोन से बात होने लगी और आपस में मुलाकात के बाद प्रेम संबंध बन गया। 5 अक्टूबर 2022 को विक्रम छात्रा के घर आया था और शादी का झांसा देकर उसके साथ शारीरिक संबंध बनाया। दवा देकर कराया अबॉर्शन, शादी से मुकरा करीब तीन सालों तक छात्रा को शादी का झांसा देकर युवक उससे संबंध बनाता रहा। पीड़िता ने बताया कि मई 2025 में वह प्रेग्नेंट हो गई तो विक्रम सिंह ने उसे दवाएं देकर उसका अबॉर्शन करा दिया। जब छात्रा ने शादी के लिए कहा तो विक्रम सिंह ने शादी से इनकार कर दिया और पीड़िता से बात करना बंद कर दिया। मामले की रिपोर्ट युवती ने 6 मई को बतौली थाने में दर्ज कराई। पुलिस ने मामले में धारा 64(2)(एम), 69, 88 बीएनएस का अपराध दर्ज किया। बतौली थाना प्रभारी विवेक सेंगर ने बताया कि पुलिस ने आरोपी विक्रम सिंह (22 वर्ष) निवासी गहिला, बतौली को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी को कोर्ट में पेश किया गया, जहां से उसे रिमांड पर जेल भेज दिया गया है।
रेवाड़ी में सीआईए टीम ने अंतरराज्जीय चेन स्नेचिंग गिरोह के एक सदस्य को गिरफ्तार किया है। बाइक सवार दो युवकों ने अपनी बेटी के साथ माडॅल टाउन में वारदात को अंजाम दिया था। आरोपी की पहचान ग्रीन पार्क नांगल जैसा बोहरा जयपुर हालआबाद छापड़ा की ढाणी चौमुका जामारामगढ़ जयपुर निवासी सुमेर उर्फ बिंटू के रूप में हुई है। जिस पर हरियाणा और राजस्थान में 25 से अधिक केस दर्ज हैं। पुलिस गिरोह के सरगना 5 हजार के इनामी राजस्थान के जिला कोटपुतली बहरोड़ के गांव रसनाली निवासी विक्रम को पहले ही गिरफ्तार कर चुकी है। यह था मामला सेक्टर-4 निवासी महिला ने पुलिस को दी शिकायत में बताया था कि पिछले साल वह 22 अक्टूबर अपनी बेटी के साथ मॉडल टाउन में शास्त्री चौक से कत्याल अस्पताल की तरफ जा रही थी। इसी दौरान बाइक पर आए 2 युवक उसके गले से मंगलसूत्र और एक धागे में सोने और चांदी के लोकेट झपटकर फरार हो गए। महिला की शिकायत पर मॉडल टाउन थाना पुलिस ने केस दर्ज किया था। 3 दिन के रिमांड पर लिया सीआईए ने प्रभारी सुमेर सिंह की अगुवाई में गिरोह के एक और सदस्य जयपुर के ग्रीन पार्क नांगल जैसा बोहरा हाल आबाद छापड़ा की ढाणी चौमुका जामारामगढ़ जयपुर निवासी सुमेर उर्फ बिंटू को भी गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी के खिलाफ खिलाफ पहले भी राजस्थान के कोटपुतली, बहरोड़, नीमराना, जयपुर, भरतपुर व अन्य शहरों में चेन स्नेचिंग के 25 से ज्यादा मामले पहले से दर्ज हैं। जिनमें से वह कई में वांछित चल रहा है। पुलिस ने आरोपी को कोर्ट से 3 दिन के पुलिस रिमांड पर लिया है। रिमांड के दौरान पुलिस आरोपी से पूछताछ कर गिरोह में शामिलि दूसरे सदस्यों व अन्य वारदातों का पता लगाने का प्रयास करेगी।
नवादा में अवैध शराब कारोबारियों ने पुलिस टीम पर हमला कर दिया। इस हमले में तीन सब-इंस्पेक्टर (SI) समेत छह पुलिसकर्मी घायल हो गए। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए 11 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। इनमें एक नाबालिग भी शामिल है। जानकारी के अनुसार, काशीचक थाना प्रभारी गौतम कुमार के नेतृत्व में पुलिस टीम बिरनावा गांव में अवैध शराब निर्माण की सूचना पर छापेमारी करने पहुंची थी। पुलिस के गांव में पहुंचते ही शराब माफियाओं ने घरों की छतों से पत्थरबाजी शुरू कर दी। घटना का वीडियो भी सामने आया है। वीडियो में दिख रहा है कि कुछ लोग पत्थर फेंकते हुए नजर आ रहे हैं। इस दौरान कुछ पुलिसकर्मी जान बचाने के लिए इधर-उधर भागते नजर आ रहे हैं। देखें, मौके से आई तस्वीरें… घायल पुलिसकर्मियों के साथ मारपीट बताया जा रहा है कि पत्थरबाजी के दौरान कुछ हमलावर नीचे उतर आए और घायल पुलिसकर्मियों के साथ मारपीट भी की। इस हमले में काशीचक थाना में तैनात SI दीप सिन्हा, कुणाल कुमार और बालेश्वर दास घायल हो गए। इसके अलावा दो सिपाही और एक चौकीदार भी जख्मी हुए हैं। सभी घायलों को इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। अतिरिक्त बल की मदद से कार्रवाई शुरू घटना की सूचना मिलते ही वरीय पुलिस अधिकारी मौके पर पहुंचे और अतिरिक्त बल की मदद से कार्रवाई शुरू की गई। थाना प्रभारी गौतम कुमार की निगरानी में पुलिस ने हमले में शामिल 11 लोगों को गिरफ्तार कर लिया। सभी आरोपी एक हर गांव के रहने वाले गिरफ्तार आरोपियों में टोटो मांझी, बिजली मांझी, प्रमोद मांझी, जितेंद्र मांझी, शीला देवी, सुमित्रा देवी, लाखो देवी, पारो देवी और कारी देवी शामिल हैं। सभी आरोपी बिरनावा गांव के रहने वाले बताए जा रहे हैं। एक विधि-विरुद्ध बालक को भी निरुद्ध किया गया है। पुलिस के मुताबिक, गिरफ्तार किए गए कई आरोपी पहले भी अवैध शराब निर्माण के मामलों में जेल जा चुके हैं। सभी आरोपियों के खिलाफ नामजद प्राथमिकी दर्ज कर उन्हें न्यायालय में पेश किया गया है।
शहडोल कोतवाली क्षेत्र के वार्ड क्रमांक 38 पुरानी बस्ती में गुरुवार रात एक मामूली विवाद में मां और उसके दो बेटों पर चाकू से हमला कर दिया गया। तेज रफ्तार बाइक से एक कुत्ते को टक्कर मारने का विरोध करने पर यह विवाद शुरू हुआ था। कुत्ते को टक्कर मारने के विरोध पर हुई कहासुनी श्याम बाई चौधरी अपने घर के बाहर बैठी थीं, तभी बाइक सवार युवकों ने सड़क किनारे एक कुत्ते को टक्कर मार दी। श्याम बाई द्वारा इसका विरोध करने पर बाइक सवार युवकों ने उनके साथ गाली-गलौज की और धमकी देकर वहां से चले गए। साथियों के साथ लौटकर परिवार पर किया हमला युवक कुछ देर बाद अपने अन्य साथियों के साथ धारदार हथियार लेकर वापस लौटे और श्याम बाई पर हमला कर दिया। बीच-बचाव करने आए उनके बेटे श्याम सुंदर चौधरी और केशव चौधरी पर भी आरोपियों ने चाकू से कई वार किए, जिससे वे गंभीर रूप से घायल हो गए। घटना के बाद अफरा-तफरी मच गई और स्थानीय लोगों के इकट्ठा होने पर आरोपी मौके से फरार हो गए। सूचना मिलने पर पहुंची पुलिस ने तीनों घायलों को तत्काल जिला अस्पताल में भर्ती कराया, जहां उनका इलाज चल रहा है। एससी-एसटी एक्ट में केस पुलिस ने पीड़ित परिवार की शिकायत पर सरई टोला निवासी सहनवाज खान उर्फ शानू, आवेश उर्फ जानू खान, अमीनया खान और मत्तू खान को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपियों के खिलाफ मारपीट, चाकूबाजी और एससी-एसटी एक्ट के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है।
खंडवा में गुरुवार को दो अलग-अलग हादसे हुए हैं। इन हादसों में तीन युवकों की जान चली गई। पहली घटना जावर थाना क्षेत्र में खंडवा-मूंदी रोड़ की है। यहां एक बाइक सवार का शव रोड़ किनारे मिला। मामला संदिग्ध होने से पुलिस ने जांच शुरू कर दी। दूसरी घटना पिपलोद थाना क्षेत्र की है, जहां पेड़ से टकराने पर दो बाइक सवार युवकों की मौके पर ही मौत हो गई। पिपलोद थाना क्षेत्र में बोरखेड़ा के पास हुए हादसे में दो युवकों की जान गई। दोनों कारपुर गांव के रहने वाले हैं। बाइक से शेखपुरा गांव में बारात में शामिल होने आए थे। घर लौटते वक्त रास्ते में उनकी बाइक एक पेड़ से टकरा गई। सूचना पर एंबुलेंस लेने पहुंची और जिला अस्पताल लाया गया। डॉक्टरों ने दोनों को मृत घोषित कर दिया। 21-22 साल की उम्र वाले मृतकों की पहचान कारपुर निवासी शिवचरण और हरिकिशन के रूप में हुई हैं। गिरवी रखी बाइक छुड़ाई, रास्ते में मौतएक और हादसा खंडवा-मूंदी रोड़ पर हुआ। खराब हो चुके इस हाईवे पर आए दिन हादसे हो रहे हैं। आज (गुरुवार) दोपहर को एक बाइक रोड़ किनारे खाई में पड़ी मिली, वहीं युवक का शव साइड सोल्डर पर पड़ा था। आशंका है कि अज्ञात वाहन ने टक्कर मारी है। शव की पहचान ग्राम गोहलारी निवासी गोलू पिता गणेश राव (36) के रूप में हुई, जो खंडवा में अपनी गिरवी रखी बाइक को छुड़ाकर घर जा रहा था। इधर, मामला संदिग्ध होने से अन्य एंगल पर भी पुलिस ने जांच शुरू कर दी है।
जलजीवन मिशन घोटाले में पूर्व जलदाय मंत्री महेश जोशी को एसीबी के गिरफ्तार करने पर पूर्व सीएम अशोक गहलोत ने सवाल उठाए हैं। गहलोत ने महेश जोशी की गिरफ्तारी को अनैतिक और दुर्भावनापूर्ण ढंग से की गई गिरफ्तारी करार देते हुए बीजेपी सरकार पर गंभीर आरोप लगाए। गहलोत ने सोशल मीडिया एक्स पर लिखा- पूर्व मंत्री महेश जोशी को एसीबी के गिरफ्तार करने में कानून के स्पष्ट दिशा-निर्देशों का उल्लंघन है। जब नियम है कि पहले नोटिस देकर पूछताछ की जानी चाहिए। इसके बाद ही आवश्यकता होने पर गिरफ्तारी का अधिकार है। तब बिना किसी नोटिस या पूछताछ के सुबह 5 बजे सीधे गिरफ्तारी करना सरकार की मंशा पर गंभीर सवाल खड़े करता है। लिखा- सरकार आकंठ भ्रष्टाचार में डूबी पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने लिखा- मेरा हमेशा से ही मानना रहा है कि यदि किसी ने भ्रष्टाचार किया है तो उसे सजा मिलना सुनिश्चित होना चाहिए। पूरा प्रदेश जानता है कि राजस्थान में गांव-ढाणी से लेकर राजधानी तक भाजपा सरकार आकंठ भ्रष्टाचार में डूबी हुई है। प्रदेश की जनता पूरी तरह से परेशान हो चुकी है। उन्होंने कहा- एसीबी पर वास्तविक मामलों में कार्रवाई न करने और राजनीतिक आधार पर कार्रवाई करने का दबाव है। महेश जोशी पर की गई कार्रवाई इसी का उदाहरण है। महेश जोशी ने जांच एजेंसियों को पूरा सहयोग किया गहलोत ने लिखा- महेश जोशी ने ईडी की कार्रवाई के दौरान भी पूरा सहयोग दिया था। उनकी पत्नी के गंभीर बीमार होने के बावजूद वे नोटिस मिलने पर ईडी की पूछताछ के लिए गए थे। कोर्ट के सामने राजनीतिक प्रतिशोध का पर्दाफाश होगा गहलोत ने लिखा- भाजपा सरकार कानूनी प्रक्रिया के उल्लंघन का एक नया तरीका अपना रही है। यह राजनीतिक दुर्भावना और सत्ता के दबाव में उठाया गया कदम है। हमें पूर्ण विश्वास है कि कोर्ट के सामने इस राजनीतिक प्रतिशोध का पर्दाफाश होगा।
मध्य प्रदेश के नर्मदापुरम जिले में गुरुवार शाम शराब तस्करों ने तेज रफ्तार एक्सयूवी से राहगीर को कुचल दिया, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। हादसे के बाद आरोपी कार छोड़कर फरार हो गए। मामला औबेदुल्लागंज-बैतूल नेशनल हाईवे-46 का है। जानकारी के मुताबिक, घटना गुरुवार शाम करीब 6:30 बजे घनाबढ़ के पास नर्मदा ब्रिज से पहले हुई। मृतक की पहचान नहीं हो सकी है। एक्सयूवी में देशी शराब की 10 से ज्यादा पेटियां, खुली बीयर की बोतलें और डिस्पोजल ग्लास में शराब मिली। हादसे से जुड़ी 4 तस्वीरें देखिए… एक्सयूवी गलत दिशा में खड़ी मिली पुलिस के मुताबिक, एक्सयूवी गलत दिशा में खड़ी मिली। गाड़ी का अगला हिस्सा बुधनी की तरफ था, जबकि यह लेन बुधनी से नर्मदापुरम आने वाली है। आशंका है कि तस्कर नर्मदापुरम से बुधनी की ओर रॉन्ग साइड में तेज रफ्तार से गाड़ी चला रहे थे। इसी दौरान राहगीर वाहन की चपेट में आ गया और उसकी मौके पर मौत हो गई। पुलिस को शक है कि गाड़ी में सवार लोग शराब के नशे में थे। एक्सयूवी में बीयर की खुली बोतलें और डिस्पोजल में शराब भरी मिली। हादसे के बाद आरोपी गाड़ी छोड़कर अंधेरे का फायदा उठाकर भाग निकले। गाड़ी में मिली शराब की खेप पुलिस ने मौके से बरामद एक्सयूवी का नंबर एमपी 04 सीएन 6193 बताया है। वाहन में 10 से ज्यादा पेटियां देशी शराब की मिलीं। हालांकि पुलिस ने अभी तक शराब की कुल पेटियों की आधिकारिक गिनती नहीं की है। बताया जा रहा है कि नर्मदापुरम से किसी लाइसेंसी ठेकेदार की दुकान से शराब भरकर दूसरे जिले भेजी जा रही थी। आशंका है कि गाड़ी निहाल राजपूत नाम का युवक चला रहा था, लेकिन पुलिस ने इसकी पुष्टि नहीं की है। क्रेन की मदद से कार थाने ले गई पुलिस हादसे की सूचना मिलते ही थाना प्रभारी सौरभ पांडे अपनी टीम के साथ मौके पर पहुंचे। इस दौरान एक्सयूवी डिवाइडर से टकराई हालत में उल्टी दिशा में खड़ी मिली। पुलिस ने क्रेन बुलाने के लिए डीएसपी और संबंधित अधिकारियों को सूचना दी, लेकिन क्रेन करीब डेढ़ घंटे बाद पहुंची। इसके बाद क्षतिग्रस्त एक्सयूवी को थाने ले जाया गया। फोरलेन की बंद लाइटों ने बढ़ाई परेशानी घटना के दौरान नेशनल हाईवे फोरलेन और नर्मदा ब्रिज की स्ट्रीट लाइटें बंद थीं। अंधेरे की वजह से पुलिस और वाहन चालकों को परेशानी हुई। स्थानीय लोगों का कहना है कि हाईवे की लाइटें लंबे समय से बंद हैं, जिससे हादसों का खतरा बना रहता है। थाना प्रभारी बोले- शराब पीकर चला रहे होंगे गाड़ी देहात थाना प्रभारी सौरभ पांडे ने बताया कि प्रथम दृष्टया ऐसा लग रहा है कि गाड़ी रॉन्ग साइड से चलाई जा रही थी। वाहन में शराब की खुली बोतलें मिली हैं, जिससे आशंका है कि ड्राइवर और उसमें बैठे लोग शराब पी रहे होंगे। शराब की पेटियों की गिनती अभी बाकी है। जिले में बढ़ रहे शराब तस्करी के मामले नर्मदापुरम जिले में नए शराब ठेके होने के बाद शराब तस्करी के मामलों में तेजी आई है। पुलिस लगातार कार्रवाई कर रही है। आरोप हैं कि लाइसेंसी शराब ठेकेदार एक-दूसरे के क्षेत्रों में घुसपैठ कर रहे हैं। बुधवार से गुरुवार के बीच सिवनी मालवा पुलिस ने करीब 25 लाख रुपए की शराब तस्करी करते हुए एक वाहन पकड़ा था। इससे पहले केसला, पथरौटा और इटारसी पुलिस भी बैतूल से शराब लाने वाले तस्करों को पकड़ चुकी है।
जमुई में पत्नी की दूसरी शादी से नाराज पति ने बीच बाजार उसे कैंची घोंप दी। मौके पर मौजूद लोगों ने महिला को छुड़ाया और अस्पताल में भर्ती कराया। इधर आरोपी घटना को अंजाम देने के बाद खुद ही थाने पहुंचकर पुलिस को वारदात की जानकारी दी। घटना जमुई के यादव मार्केट स्थित ब्यूटी पार्लर की है। घटना का सीसीटीवी भी सामने आया है। महिला की पहचान बेगूसराय जिले के पन्हास निवासी 30 वर्षीय ज्योति कुमारी के रूप में हुई है। जबकि हमलावर पति नीरज कुमार मोदी केतरू नवादा का रहने वाला है। टाउन थाना अध्यक्ष अमरेंद्र कुमार ने बताया आरोपी फिलहाल पुलिस हिरासत में है। प्राथमिकी दर्ज कर आगे की कार्रवाई की जा रही है। सीसीटीवी फुटेज की 2 तस्वीरें… अब पूरा मामला समझिए… बेगुसराय की रहने वाली ज्योति की शादी जमुई के रहने वाले नीरज कुमार मोदी से साल 2017 में हुई थी। शादी के बाद कुछ सालों तक दोनों में सबकुछ सामान्य रहा। दोनों को एक बच्चे हुए। लॉकडाउन के दौरान पति नीरज की के कामकाज में दिक्कत आने लगी। इसके बाद वह बेरोजगार रहने लगा। इस दौरान पति ने पत्नी को ब्यूटी पार्लर खुलवाने की तैयारी करने लगा। उसने लोन लेकर जमुई में पत्नी को यह बिजनेस करवाया। साल 2023 में पत्नी ब्यूटी पार्लर चलाते हुए एक लड़के के संपर्क में आई। इसके बाद वह लगातार उससे मिलने लगी। एक दिन वह उसे घर पर भी बुला ली, उस दौरान लोगों ने दोनों को मौके पर भी पकड़ा। इसी साल जनवरी महीने में पत्नी ने लड़के से दूसरी शादी कर ली। इसके बाद वह नीरज को पूरी तरह छोड़ दिया। घटना के वक्त क्या क्या हुआ…गुरुवार शाम ज्योति अपने पार्लर में मौजूद थीं, तभी नीरज कुमार मोदी वहां पहुंचा। उसने अचानक कैंची निकाली और ज्योति पर ताबड़तोड़ वार कर दिए। इस दौरान आरोपी बार बार कह रहा था, कि सबकुछ किए हम और रहोगी उसके साथ। आरोपी ने महिला की पीठ, सीने और हाथ पर कई वार किए, जिससे वह गंभीर रूप से घायल होकर जमीन पर गिर पड़ी। घटना के बाद आसपास के दुकानदार और स्थानीय लोग मौके पर पहुंचे। हमलावर नीरज कुमार मोदी वहां से निकलकर सीधे टाउन थाना पहुंच गया, जहां उसे हिरासत में ले लिया गया। पत्नी बोली- दवा खिलाकर गलत हरकत करताघटना को लेकर घायल ज्योति का कहना है कि पति नीरज बार-बार मेरे ब्यूटी पार्लर पर आता था और पैसे की मांग करता था। मेरे दुकान से उसका भी घर चलता था। पहले भी पैसे के लिए प्रताड़ित करता रहा है। दवा खिलाकर मेरे साथ गलत हरकत करता था। जिस कारण उसके साथ रहना छोड़ दिया। आज भी वह दुकान पर पहुंचा और मारपीट करने लगा विरोध करने पर कैंची से हमला कर दिया जिसमें मैं घायल हो गई। थाना अध्यक्ष अमरेंद्र कुमार ने कहा कि दोनों पक्षों के बयान और आवेदन के आधार पर कार्रवाई की जा रही है।
रेवाड़ी नगर परिषद और धारूहेड़ा नगर पालिका का चुनाव 10 मई को होगा। मतदान के लिए 126 बूथ बनाए गए हैं। जिनमें से 44 को संवेदनशील घोषित किया गया। बृहस्पतिवार को पुलिस ने डीएसपी रविंद्र कुमार, डीएसपी सुरेंद्र श्योराण और डीएसपी पवन कुमार के नेतृत्व में अलग-अलग फ्लैग मार्च निकालकर सद्भावना का संदेश दिया। रेवाड़ी नगर परिषद चुनावों में 99 बूथों पर करीब 1.20 लाख मतदाता अपने मताधिकार का प्रयोग करेंगे। धारूहेड़ा में 27 बूथों पर करीब साढ़े 22 हजार मतदाता वोट डालेंगे। रेवाड़ी के 99 में से 33 और धारूहेड़ा के 27 में से 11 बूथ संवेदनशील घोषित किए गए हैं। मतदान के दौरान एक हजार से अधिक पुलिस कर्मी तैनात किए जाएंगे। जानिए कहां किसका नेतृत्व डीएसपी सुरेंद्र श्योराण की अगुवाई में पुलिस ने सेक्टर-4 जिम्मखाना क्लब से पोसवाल चौक तक फ्लैग मार्च निकाला। फ्लैग मार्च जिम्मखाना क्लब से शुरू होकर, रेस्ट हाउस, कृष्णा नगर, राजीव नगर, धक्का बस्ती, लियो चौक गन्दा नाला होते हुए कालाका रोड, अभय सिह चौक, उत्तम नगर, विजय नगर होते हुए पोसवाल चौक पहुंचा। रेवाड़ी में नाईवाली से रामपुरा तक डीएसपी पवन कुमार की अगुवाई में पुलिस ने फ्लैग मार्च निकाला। फ्लैग मार्च नाईवाली चौक से शुरू कर अग्रसेन चौक, बस स्टेंड, अम्बेड़कर चौक, धारूहेड़ा चुंगी, झज्जर चौक, रेलवे चौक, कंकरवाली और थाना रामपुरा से एरिया पहुंचा। धारूहेड़ा में भी निकाला फ्लैग मार्च धारूहेड़ा में भगत सिंह चौक से नंदरामपुर बॉस रोड तक डीएसपी रविंद्र कुमार के नेतृत्व में फ्लैग मार्च निकाला। फ्लैग मार्च भगत सिंह चौक से शुरू होकर सोहना रोड व नंदरामपुर बास रोड पर जाकर खत्म हुआ। इस दौरान पुलिस ने मतदाताओं को बिना किसी डर के मतदान करने का संदेश दिया। पुलिस ने लोगों से शांतिभंग करने या चुनाव आचर संहिता का उल्लंघन करने वालों की जानकारी तत्काल पुलिस को देने की भी अपील की।
हमीरपुर जनपद के राठ क्षेत्र में एक बारात को रोककर दर्जन भर दबंगों ने दूल्हे और उसके परिजनों के साथ बेरहमी से मारपीट की। इस हमले में दूल्हे का सिर फूट गया और कई अन्य रिश्तेदार भी घायल हो गए। दबंगों ने बारात की कार को भी क्षतिग्रस्त कर दिया। यह घटना गुरुवार शाम को उस समय हुई जब मझगवां थाना क्षेत्र के झिन्ना वीरा गांव निवासी जगदेव राजपूत अपने भाई मुन्नीलाल की बारात लेकर बांदा जनपद के बबेरू थाना क्षेत्र के इम्लौर गांव जा रहे थे। रास्ते में राठ कोतवाली क्षेत्र के बसेला गांव के पास पहले से घात लगाए बैठे दर्जन भर दबंगों ने उनकी कार को रोक लिया और लाठी-डंडों से हमला कर दिया। मारपीट में दूल्हा मुन्नीलाल और जगदेव राजपूत गंभीर रूप से घायल हो गए। इसके अलावा जगदेव की भांजी रूपाली, पुत्र गगन और पुत्री अमृता को भी चोटें आई हैं। दबंगों ने कार को भी पूरी तरह तोड़ दिया। इस पूरी घटना का एक वीडियो भी सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है, जिसमें दबंगों को बेखौफ होकर मारपीट करते देखा जा सकता है। घायल जगदेव राजपूत ने बताया कि पुरानी रंजिश के चलते कैथा गांव के कुछ दबंग युवकों ने अपने साथियों के साथ मिलकर इस वारदात को अंजाम दिया। मामले में राठ कोतवाली के प्रभारी इंस्पेक्टर ने जानकारी दी कि घायलों का मेडिकल परीक्षण कराया गया है। पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर आवश्यक कार्रवाई शुरू कर दी है। इस घटना से क्षेत्र के नागरिकों में दहशत का माहौल है।
बाराबंकी में गुरुवार को स्कूटी सवार एक युवक पर कथित तौर पर फायरिंग का मामला सामने आया है। इस घटना में युवक बाल-बाल बच गया, जबकि गोली स्कूटी के निचले हिस्से में लगी। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू कर दी है। मामला मोहम्मदपुर खाला थाना क्षेत्र का है। जानकारी के अनुसार, पैंतेपुर किशरौरा गांव निवासी मो. वसीम सूरतगंज कस्बे में किराए के मकान में रहकर प्लाटिंग ब्रोकर और ड्राइविंग का काम करते हैं। गुरुवार को वह किसी काम से अपनी स्कूटी से रामनगर की ओर जा रहे थे। आरोप है कि बम्भनावा-चंद्रसिहाली मार्ग स्थित भिखारीपुर गांव के पास पीछे से बाइक सवार तीन युवक आए और उन्होंने वसीम की स्कूटी रोकने का प्रयास किया। मो. वसीम के मुताबिक, तीनों युवकों में से दो के चेहरे ढके हुए थे, जबकि एक का चेहरा खुला था। किसी अनहोनी की आशंका होने पर वसीम ने स्कूटी की रफ्तार बढ़ा दी। इसी दौरान बाइक पर पीछे बैठे एक युवक ने तमंचे से फायर कर दिया। सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही पुलिस गोली स्कूटी के साइड के निचले हिस्से में लगी, जिससे वसीम सुरक्षित बच निकले। घटना के तुरंत बाद उन्होंने पुलिस को सूचना दी। सूचना मिलते ही पुलिस टीम घटनास्थल पर पहुंची। पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण किया और पीड़ित मो. वसीम को थाने लाकर उनके बयान दर्ज किए। पुलिस आसपास लगे सीसीटीवी की फुटेज खंगाल रही है और स्थानीय लोगों से भी पूछताछ कर रही है। मो. वसीम ने बताया कि वह पहले लखनऊ में भी रह चुके हैं और उनकी किसी से कोई विशेष रंजिश नहीं है। वहीं, घटना को लेकर क्षेत्र में तरह-तरह की चर्चाएं हैं। कुछ स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि फायरिंग हुई होती तो गोली चलने की आवाज जरूर सुनाई देती। प्रभारी निरीक्षक वीर सिंह ने बताया- पुलिस हर पहलू पर जांच कर रही है। आसपास के लोगों से पूछताछ की जा रही है तथा सीसीटीवी फुटेज भी खंगाले जा रहे हैं। जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
पूर्णिया में कटिहार मोड़ टीओपी पुलिस ने छिनतई गिरोह के दो स्नैचरों को पकड़ा है। पुलिस ने इनके पास से छिनतई के 9 मोबाइल और एक बाइक बरामद किया है। गाड़ी जांच अभियान के दौरान गुप्त सूचना के आधार पर कार्रवाई करते हुए दोनों को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने पूछताछ के बाद दोनों स्नैचरों को जेल भेज दिया है। गिरफ्तार बदमाशों की पहचान मो. अमन, उम्र 20 साल, पिता मो. आजम, निवासी लुट मोहल्ला और मो. रिजवान, उम्र 20 साल, पिता मो. सलीम, निवासी मुजफ्फर अहमद नगर, दोनों थाना सहायक खजांची जिला पूर्णिया के रूप में हुई है। अलग-अलग कंपनियों के कुल 9 मोबाइल फोन बरामद कटिहार मोड़ टीओपी पुलिस नियमित वाहन जांच अभियान चला रही थी। इसी दौरान पुलिस को सूचना मिली कि कुछ युवक चोरी और छिनतई के मोबाइल के साथ इलाके से गुजरने वाले हैं। सूचना मिलते ही पुलिस टीम सतर्क हो गई और संदिग्ध बाइक सवार युवकों को रोककर तलाशी ली गई। तलाशी के दौरान उनके पास से अलग-अलग कंपनियों के कुल 9 मोबाइल फोन बरामद किए गए। पूछताछ में युवक मोबाइल के संबंध में संतोषजनक जवाब नहीं दे सके, जिसके बाद दोनों को हिरासत में लेकर थाना लाया गया। पुलिस ने इनके पास से एक मोटरसाइकिल भी जब्त किया है, जिसका इस्तेमाल छिनतई की घटनाओं में किए जाने की आशंका जताई जा रही है। अन्य सदस्यों की गिरफ्तारी को लेकर लगातार छापेमारी जारी टीओपी पुलिस ने बताया कि गिरफ्तार दोनों युवक शहर में सक्रिय मोबाइल छिनतई गिरोह से जुड़े हो सकते हैं। उनसे पूछताछ के आधार पर गिरोह के अन्य सदस्यों की पहचान की जा रही है। इस मामले में गिरोह के अन्य सदस्यों की गिरफ्तारी को लेकर लगातार छापेमारी की जा रही है। शहर में मोबाइल छिनतई की घटनाओं पर पूरी तरह लगाम लगाने वाहन जांच और गश्ती अभियान और तेज कर दी गई है। पुलिस का कहना है कि बदमाशों के खिलाफ लगातार अभियान जारी रहेगा और आम लोगों की सुरक्षा के लिए हर जरूरी कदम उठाया जाएगा।
अबोहर में 15 वर्षीय किशोर की मौत:परिजनों ने पोस्टमार्टम से इनकार किया, पुलिस ने हार्ट फेल बताया
अबोहर के गांव कुंडल में 15 वर्षीय किशोर शविंदर सिंह की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। पुलिस ने परिजनों के बयानों के आधार पर इसे हार्ट फेल का मामला बताया है, लेकिन गांव में इस घटना को लेकर तरह-तरह की चर्चाएं हैं। मृतक की पहचान गुरतेज सिंह के पुत्र शविंदर सिंह के रूप में हुई है। वह आठवीं कक्षा तक पढ़ा था और मजदूरी करता था। उसके चाचा हाकम सिंह ने बताया कि बुधवार दोपहर शविंदर खेत में अपने नाना को खाना देकर घर लौटा था।घर पहुंचने के बाद जब शविंदर खाना खाने बैठा, तो अचानक उसकी तबीयत बिगड़ गई। उसे घबराहट महसूस होने लगी और कुछ ही देर में उसकी हालत गंभीर हो गई, जिसके बाद उसकी मौत हो गई। परिजनों ने पुलिस को बताया कि शविंदर किसी प्रकार का नशा नहीं करता था और उसकी मौत अचानक हार्ट अटैक से हुई है। परिवार ने शव का पोस्टमार्टम करवाने या किसी भी प्रकार की कानूनी कार्रवाई से इनकार कर दिया। घटना की सूचना मिलते ही पहुंचे थाना प्रभारी घटना की सूचना मिलने पर थाना सदर प्रभारी कुलदीप सिंह पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे। उन्होंने मृतक के पिता, नाना और दादा के बयान दर्ज किए। पुलिस ने परिजनों के बयान दर्ज करने के बाद आवश्यक कार्रवाई पूरी की और शव उन्हें सौंप दिया, जिसके बाद उसका अंतिम संस्कार कर दिया गया। थाना सदर प्रभारी कुलदीप सिंह ने यह भी बताया कि उन्हें 15 वर्षीय बच्चे की मौत की सूचना सोशल मीडिया के माध्यम से मिली थी। पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर जांच की, जहां परिजनों ने हार्ट फेल होने से मौत की जानकारी दी। परिवार ने किसी भी कानूनी कार्रवाई या पोस्टमार्टम से इनकार किया, जिसके बाद कानूनी प्रक्रिया पूरी कर शव परिजनों को सौंप दिया गया। गर्मी में अचानक बिगड़ी तबीयत, आसपास के लोग घर लेकर पहुंचे मृतक के दादा बूटा सिंह ने बताया कि बच्चा दोपहर में अपनी नानी को रोटी देने के लिए दाना मंडी क्षेत्र में गया था। वहां अचानक गर्मी के कारण उसे घबराहट हुई और वह गिर गया। आसपास मौजूद लोगों ने उसे घर पहुंचाया, लेकिन तब तक उसकी मौत हो चुकी थी। दादा ने नशे की किसी भी बात से इनकार करते हुए कहा कि बच्चा आठवीं कक्षा का छात्र था और पढ़ाई में होशियार था। परिवार के अनुसार उसे पहले किसी प्रकार की बीमारी भी नहीं थी। किसी भी उम्र में आ सकता है हार्ट अटैक: डॉ. नवीन सेठी अबोहर के हार्ट स्पेशलिस्ट डॉ. नवीन सेठी ने बताया कि हार्ट अटैक किसी भी उम्र में आ सकता है। उन्होंने कहा कि 15 वर्षीय बच्चे को हार्ट अटैक आना असंभव नहीं है। संभव है कि बच्चे को पहले से कोई स्वास्थ्य संबंधी समस्या रही हो, जिसका चेकअप न करवाया गया हो। उन्होंने सलाह दी कि समय-समय पर बच्चों और परिवार के सदस्यों का हेल्थ चेकअप करवाना बेहद जरूरी है।
झुंझुनूं जिले के नवलगढ़ में पानी की किल्लत से परेशान ग्रामीणों ने महिला जेईएन को जमकर खरी-खोटी सुनाई। कार में बैठीं जेईएन अंतरा मीणा रोने लगीं। इस पर महिलाओं ने कहा कि हम रोज रो रहे हैं। जेईएन ने रोते हुए फोन पर अपने अधिकारियों को बताया। मामला नवलगढ़ थाना क्षेत्र की ढाणियां पंचायत का है। नवलगढ़ सिटी जेईएन अंतरा मीणा का कहना है कि ग्रामीणों ने जलदाय विभाग के कर्मचारी की बाइक की चाबी छीन ली थी। मैं उसे वापस दिलाने और गांव वालों से समझाइश के लिए गईं थीं। 6 महीने से गांव में पेयजल संकट पूर्व पंचायत समिति सदस्य रामनिवास सैनी ने बताया- ढाणियां में पिछले 6 महीने से पीने के पानी का गंभीर संकट बना हुआ है। गांव की पानी की टंकी में ट्यूबवेल के जरिए पानी आता है। मगर पानी की टंकी भर नहीं पाती है। पानी की सप्लाई नवलगढ़ शहर में दे दी जाती है। जबकि गांव के लोग प्यासे रह जाते हैं। ग्रामीणों ने बताया- पिछले दो महीने से हम हर जगह चक्कर लगा रहे हैं। आज गांव वालों ने परेशान होकर वॉल को घुमा दिया। महज दो घंटे बाद ही शाम 6 बजे विभाग के कर्मचारी इसे ठीक करने के लिए मौके पर आ गए। हमें पानी मिले या ना मिले इससे किसी को कोई मतलब नहीं है। इस दौरान जलदाय विभाग की जेईएन अंतरा मीणा मौके पर पहुंची। जेईएन पर फूटा आक्रोश नवलगढ़ सिटी जेईएन के मौके पर पहुंचते की लोगों का आक्रोश फूट पड़ा। गांव की महिलाओं ने जेईएन को जमकर खरी-खोटी सुनाई। इससे नाराज होकर जेईएन अपनी गाड़ी में बैठ गईं। गांव की महिलाओं ने गाड़ी को घेर लिया और जेईएन को खरी-खोटी सुनाने लगीं। इससे परेशान होकर जेईएन गाड़ी में बैठकर ही रोने लगीं। जेईएन से महिलाएं बोलीं-आपको शर्म नहीं आती मामले का वीडियो भी सामने आया है। जिसमें जेईएन गाड़ी में बैठी हैं। गांव की महिलाएं उन्हें बोल रही हैं कि आपको शर्म नहीं आती है। इस पर जब जेईएन रोने लगीं तो महिलाओं ने कहा कि हम रोज इसी तरह रो रहे हैं। इस पर जेईएन ने कहा कि मैं आपकी जेईएन नहीं हूं। 500 परिवार हो रहे प्रभावित रामनिवास सैनी ने आरोप लगाया कि सिटी जेईएन जानबूझकर परेशान कर रही हैं। ग्रामीणों ने गंदे पानी की सप्लाई का भी आरोप लगाया, जिससे लगभग 500 परिवार प्रभावित हो रहे हैं। जेईएन बोलीं-बाइक की चाबी दिलाने गई थी जेईएन अंतरा मीणा ने कहा- ग्रामीणों ने वॉल के पास विभाग के कर्मचारी की बाइक की चाबी छीन ली थी। इस पर एक्सईएन के आदेश पर कर्मचारियों की बाइक की चाबी दिलाने गई थी और महिलाओं ने मेरे साथ अभद्र व्यवहार किया। … यह खबर भी पढें अधिकारी से विधायक बोले- तुम नाई हो या जेईएन:जब 4 रुपए जीरो हो जाएगा तब चपत लगेगी, घटिया निर्माण को लेकर सुनाई खरी खोटी तिजारा विधायक महंत बालकनाथ ने अधिकारी से कहा- तुम नाई हो या जेईएन, बीटेक किया है या कुछ और..? दरअसल शुक्रवार रात 9 बजे विधायक महंत बालकनाथ टपूकड़ा कस्बे में चल रहे इंटलॉकिंग टाइल बिछाने के काम का जायजा लेने के लिए पहुंचे थे। (पढ़ें पूरी खबर)
रीवा में कलेक्टर नरेंद्र सूर्यवंशी की सख्ती के बीच पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग के अधिकारियों और कर्मचारियों द्वारा की गई नारेबाजी और विरोध का मामला भोपाल तक पहुंच गया है। मप्र राज्य कर्मचारी संघ इसके विरोध में मुख्य सचिव को पत्र लिखकर कलेक्टर से व्यवहारिक कार्यवाही की मांग करेगा। संघ के प्रदेश महामंत्री जितेंद्र सिंह ने कहा है कि कलेक्टर अंग्रेजियत न दिखाएं, वे फ्लेक्जिबल होकर कर्मचारियों से काम लें। पंचायत और ग्रामीण विकास विभाग रीवा के कर्मचारियों ने गुरुवार को जिला प्रशासन के खिलाफ मोर्चा खोला। इसके बाद रीवा संभागायुक्त बीएस जामोद को ज्ञापन सौंपा गया है। दरअसल, पिछले एक सप्ताह से कलेक्टर नरेंद्र कुमार सूर्यवंशी विभागीय बैठकों में विकास कार्यों और ग्रामीण योजनाओं की समीक्षा कर रहे हैं। उन्होंने जल गंगा संवर्धन अभियान, मनरेगा और प्रधानमंत्री आवास योजना में धीमी प्रगति पर अधिकारियों को कड़ी फटकार लगाते हुए जवाबदेही तय करने के निर्देश दिए हैं। इसी बैठक में कलेक्टर ने जल गंगा संवर्धन अभियान में न्यूनतम प्रगति पर नाराजगी जताई थी। उन्होंने कहा था कि मुख्यमंत्री के इस महत्वपूर्ण अभियान में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। कार्य में लापरवाही करने वाले अधिकारियों को पद से पृथक करने तथा शासकीय राशि में अनियमितता पाए जाने पर एफआईआर दर्ज कराने तक की चेतावनी दी गई थी। साथ ही अधिकारियों से जिले को प्रदेश की रैंकिंग में शीर्ष स्तर तक पहुंचाने के लिए बेहतर कार्य करने की अपेक्षा की गई थी। योजनाओं की प्रोग्रेस कम होने पर कलेक्टर ने लिए हैं एक्शन आज नारेबाजी कर संभागायुक्त को सौंपा ज्ञापन कलेक्टर की सख्ती के बाद जिला पंचायत में एकत्र हुए पंचायत और ग्रामीण विकास विभाग के कर्मचारी नारेबाजी करते हुए संभागायुक्त दफ्तर पहुंचे और ज्ञापन में उन्होंने कलेक्टर एवं जिला पंचायत सीईओ पर मानसिक दबाव और दुर्व्यवहार के आरोप लगाए तथा मांगें पूरी नहीं होने तक अनिश्चितकालीन हड़ताल पर जाने की घोषणा की है। कलेक्टर नरेंद्र सूर्यवंशी ने फिर कहा है कि सरकार वेतन देती है तो काम तो करना पड़ेगा। लापरवाही किसी की बर्दाश्त नहीं होगी। किसी की वेतन संबंधी या अन्य कोई दिक्कत है तो वे कलेक्टर से मिलकर बता सकते हैं। उसका समाधान भी किया जाएगा।
मधुबनी में जिलाधिकारी आनंद शर्मा की अध्यक्षता में गुरुवार को डीआरडीए सभागार में जिला स्तरीय पदाधिकारियों की साप्ताहिक समीक्षा बैठक हुई। इस दौरान डीएम ने लंबित मामलों के निष्पादन में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त न करने की चेतावनी दी। बैठक में अंतर-विभागीय समन्वय, विभिन्न विकास योजनाओं के लिए भूमि उपलब्धता और जन शिकायतों के निपटारे सहित विभागीय कार्यों की विस्तृत समीक्षा की गई। जनता दरबार में मिली शिकायतों को हल करें जिलाधिकारी ने स्पष्ट निर्देश दिए कि जनता दरबार में प्राप्त शिकायतों को सभी विभाग गंभीरता से लें और समय-सीमा के भीतर उनका निपटारा सुनिश्चित करें। विशेष रूप से राजस्व एवं शिक्षा विभाग को एक सप्ताह के भीतर लंबित आवेदनों का निपटारा करने का निर्देश दिया गया है। डीएम ने पथ निर्माण विभाग के कार्यपालक अभियंताओं को सड़क निर्माण में बाधा बन रहे पेड़ों और बिजली के खंभों को वन एवं बिजली विभाग से समन्वय कर शीघ्र हटाने का निर्देश दिया। अतिक्रमण मामलों को मधुबनीफास्ट पोर्टल पर डालें उन्होंने सभी अतिक्रमण मामलों को मधुबनीफास्ट पोर्टल पर अपलोड कर नियमित निगरानी करने को भी कहा। स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड योजना की समीक्षा करते हुए उन्होंने चेतावनी दी कि एक भी आवेदन लंबित नहीं रहना चाहिए, अन्यथा संबंधित पदाधिकारी पर कार्रवाई की जाएगी। बैठक में 19 मई से पंचायतों में आयोजित होने वाले सहयोग शिविर की तैयारियों की भी समीक्षा की गई। डीएम ने अधिकारियों को पंचायत स्तर पर जाकर लोगों की समस्याओं का समाधान करने और सभी आवेदनों का समयबद्ध निष्पादन सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। टीकाकरण अभियान के व्यापक प्रचार-प्रसार पर जोर सर्वाइकल कैंसर टीकाकरण अभियान के व्यापक प्रचार-प्रसार और कस्तूरबा गांधी विद्यालयों में शत-प्रतिशत टीकाकरण कराने पर भी जोर दिया गया। समीक्षा के दौरान मुख्यमंत्री जनता दरबार, सीपीग्राम, उच्च न्यायालय, सूचना का अधिकार और मानवाधिकार से जुड़े मामलों में शिक्षा, राजस्व और भू-अर्जन विभाग में अधिक लंबित मामले पाए गए। इस पर डीएम ने असंतोष व्यक्त किया। उन्होंने दोहराया कि विकास कार्यों और जन शिकायतों के निष्पादन में किसी भी प्रकार की लापरवाही स्वीकार्य नहीं होगी।
गोंडा के कौड़िया बाजार स्थित जय सम्मय माता पैड़ीबरा में आयोजित नौ दिवसीय श्रीराम कथा के चौथे दिन पूज्य राजन जी महाराज ने प्रभु श्रीराम की बाल लीलाओं का मनोहारी संगीतमय वर्णन किया। कथा के दौरान उन्होंने “राजा जी खजनवा दे दा, रानी जी गहनवा दे द...” जैसे सोहर प्रस्तुत किए, जिस पर श्रद्धालु झूम उठे। महाराज राजन जी ने कहा कि मनुष्य जिस व्यक्ति या विचार का लगातार चिंतन करता है, उसका प्रभाव उसके स्वभाव में उतरने लगता है। यदि कोई दुष्टता का चिंतन करेगा तो उसके भीतर दुष्ट प्रवृत्तियां बढ़ेंगी, जबकि संतों और सद्गुणों का चिंतन व्यक्ति को साधुता की ओर ले जाता है। उन्होंने भगवान श्रीराम के अनुज शत्रुघ्न का उदाहरण देते हुए कहा कि वे रामचरितमानस के मौन पात्र हैं और जो व्यक्ति मौन रहने की कला सीख लेता है, उसके शत्रु स्वतः समाप्त होने लगते हैं। देखिए 3 तस्वीरें… बड़ा आदमी वह नहीं जिसके पास अपार धन-संपत्ति उन्होंने लोगों से आत्मचिंतन करने का आह्वान करते हुए कहा कि हर व्यक्ति को यह सोचना चाहिए कि उसके जाने के बाद किसी घर या समाज का वातावरण कैसा होता है। महाराज जी ने कहा कि बड़ा आदमी वह नहीं जिसके पास अपार धन-संपत्ति हो, बल्कि बड़ा वह है जिसके आने से घर में दीपावली जैसा आनंद छा जाए। कथा के दौरान उन्होंने कहा कि व्यक्ति से बड़ा उसका व्यक्तित्व होता है। व्यक्ति नश्वर है, लेकिन उसका व्यक्तित्व सदैव जीवित रहता है। उन्होंने बताया कि भगवान श्रीराम के जन्म के बाद अयोध्या में उत्सव का वातावरण बन गया था और पूरी नगरी आनंद एवं पवित्रता से भर उठी थी। मनुष्य अपनी बुरी आदतों को सुधार ले नामकरण संस्कार का प्रसंग सुनाते हुए महाराज जी ने कहा कि गुरु वशिष्ठ ने श्रीराम को आनंदस्वरूप, भरत को प्रेम की मूर्ति, लक्ष्मण को सेवा का प्रतीक और शत्रुघ्न को मौन का स्वरूप बताया था। उन्होंने कहा कि जीवन का वास्तविक आनंद वह है जिसे शब्दों में व्यक्त नहीं किया जा सकता, उसे केवल अनुभव किया जा सकता है। राजन जी महाराज ने कहा कि भगवान का भजन करना कठिन नहीं है। यदि मनुष्य अपनी बुरी आदतों को सुधार ले, मन की चंचलता पर नियंत्रण कर ले और व्यवहार में सकारात्मक परिवर्तन लाए, वही सच्चा भजन है। उन्होंने कहा कि जब मन, कर्म और वचन से चतुराई समाप्त हो जाती है तो जीवन सरल हो जाता है और भगवान की प्राप्ति का मार्ग खुलता है। बिना सत्संग के विवेक संभव नहीं उन्होंने विद्यालयों में केवल शिक्षा ही नहीं, बल्कि संस्कार और विवेक की शिक्षा देने पर भी जोर दिया। उन्होंने कहा कि बिना सत्संग के विवेक संभव नहीं है और सत्संग का अवसर भी उसी को मिलता है जिस पर भगवान की विशेष कृपा होती है। कथा के दौरान महाराज जी ने मुनि विश्वामित्र के अयोध्या आगमन, राजा दशरथ द्वारा उनके आतिथ्य-सत्कार, श्रीराम के चूड़ाकर्म, नामकरण और यज्ञोपवीत संस्कार का भावपूर्ण वर्णन किया, जिसे सुनकर श्रद्धालु भावविभोर हो गए। इस अवसर पर दद्दन मिश्र, जिला अध्यक्ष अकबाल बहादुर तिवारी, भवानी भीख शुक्ल, राकेश पांडेय, राजेश तिवारी, मसूद आलम खां, रामभजन चौबे, महेश नारायण तिवारी, अंकित शुक्ल सहित बड़ी संख्या में गणमान्य लोग मौजूद रहे। आयोजकों के अनुसार कथा में प्रतिदिन लगभग 10 हजार श्रद्धालु शामिल हो रहे हैं।
ग्रामीणों ने मिलकर बुझाई आग, बाल्टियों से डाला पानी:1 घंटे में काबू पाया, शोरूम तक जाने से रोका
राजसमंद के कुंवारिया कस्बे के नीलकंठ चौराहे पर गुरुवार शाम बाजार के बीच स्थित एक रिहायशी मकान में अचानक भीषण आग लग गई। देखते ही देखते आग ने विकराल रूप ले लिया, जिससे इलाके में अफरा-तफरी मच गई। हालांकि स्थानीय ग्रामीणों, युवाओं और व्यापारियों की तत्परता से बड़ा हादसा टल गया। मकान में लगी थी आग जानकारी के अनुसार शाम करीब 5 बजे नीलकंठ चौराहे के पास स्थित एक बंद मकान से अचानक धुआं उठता दिखाई दिया। मौके पर पहुंचे लोगों ने जब मकान का दरवाजा खोला तो अंदर आग तेजी से फैल चुकी थी। आग की लपटें देखकर आसपास के व्यापारियों और राहगीरों में भय का माहौल बन गया। बाल्टियों से भरकर पानी डाला आग की सूचना मिलते ही पास स्थित नीलकंठ साड़ी सेंटर और वर्धमान साड़ी सेंटर के कार्मिकों सहित स्थानीय युवा तुरंत मौके पर पहुंचे। दमकल के पहुंचने का इंतजार किए बिना युवाओं ने पास लगी पानी की मोटर चालू कर बाल्टियों के जरिए पानी डालना शुरू किया। करीब एक घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर पूरी तरह काबू पा लिया गया। ग्रामीणों ने आग बुझाई प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार यदि समय रहते आग नहीं बुझाई जाती तो पास स्थित दोनों बड़े शोरूम इसकी चपेट में आ सकते थे, जहां करोड़ों रुपए का माल भरा हुआ था। ग्रामीणों और युवाओं की सक्रियता से लाखों रुपए के नुकसान के साथ एक बड़ा हादसा टल गया। फिलहाल आग लगने के कारणों का स्पष्ट पता नहीं चल पाया है, हालांकि प्रारंभिक तौर पर शॉर्ट सर्किट को वजह माना जा रहा है।
आज से जनगणना शुरू:पहले दिन जनप्रतिनिधि और प्रशासनिक अधिकारियों ने की स्व-गणना
जनगणना-2027 के अंतर्गत स्व-गणना अभियान आज से जनपद मेरठ में शुरू हो गया। कार्यक्रम की शुरुआत जनप्रतिनिधियों और प्रशासनिक अधिकारियों ने जनगणना पोर्टल पर स्व-गणना करके की। इस अवसर पर उन्होंने मेरठ जनपदवासियों से भी स्व-गणना में सक्रिय रूप से भाग लेने की अपील की। उत्तर प्रदेश सरकार के मंत्री डॉ सोमेन्द्र तोमर और दिनेश खटीक, मेरठ हापुड़ लोकसभा सांसद अरुण चन्द्रप्रकाश गोविल, एमएलसी धमेन्द्र भारद्वाज, विधायक अमित अग्रवाल (मेरठ कैंट), शाहिद मंजूर (किठौर), अतुल प्रधान (सरधना), रफीक अंसारी (मेरठ शहर), गुलाम मौहम्मद (सिवालखास) और भाजपा जिलाध्यक्ष हरवीरपाल सिंह सहित कई जनप्रतिनिधियों ने स्व-गणना की। प्रशासनिक अधिकारियों में जिलाधिकारी डॉ. वी.के. सिंह, डीआईजी कलानिधि नैथानी, एसएसपी अविनाश पाण्डेय, नगर आयुक्त सौरभ गंगवार, उपाध्यक्ष एमडीए संजय मीणा, मुख्य विकास अधिकारी नूपुर गोयल और एडीएम सूर्यकान्त त्रिपाठी भी शामिल रहे। इन सभी ने जनगणना पोर्टल पर अपनी स्व-गणना पूरी की। जनप्रतिनिधियों और जिलाधिकारी ने बताया कि जनगणना-2027 देश का एक महत्वपूर्ण राष्ट्रीय कार्यक्रम है। यह विकास योजनाओं, संसाधनों के वितरण और नीतिगत निर्णयों का आधार है। उन्होंने जनपद के सभी नागरिकों से 7 मई 2026 से 21 मई 2026 तक चलने वाले इस स्व-गणना अभियान में सक्रिय रूप से भाग लेकर इसे सफल बनाने की अपील की। इस अवसर पर जिलाधिकारी मेरठ ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस का आयोजन किया। उन्होंने मीडिया के माध्यम से जनपदवासियों से se.census.gov.in पर जाकर स्व-गणना करने का आग्रह किया। जिलाधिकारी ने मीडिया से भी इस कार्यक्रम का व्यापक प्रचार-प्रसार कर इसे सफल बनाने का अनुरोध किया। जिलाधिकारी ने बताया कि स्व-गणना पूर्ण करने पर एक आईडी जनरेट होगी। इस आईडी को प्रगणक को मकान सूचीकरण एवं मकानों की गणना (जो 22 मई से 20 जून 2026 तक चलेगी) के दौरान उपलब्ध कराना होगा। प्रगणक द्वारा इस आईडी का सत्यापन किया जाएगा।
मेरठ के मुख्य विकास अधिकारी (CDO) ने जिलाधिकारी के निर्देशों पर जिला विद्यालय निरीक्षक कार्यालय का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान कार्यालय में भारी अव्यवस्थाएं और अनुशासनहीनता पाई गई, जिस पर CDO ने कड़ा रुख अपनाया है। निरीक्षण में आई.जी.आर.एस. (IGRS) रजिस्टर की जांच की गई। इसमें सामने आया कि शिकायतों का निस्तारण तो हो रहा था, लेकिन शिकायतकर्ताओं से फीडबैक नहीं लिया जा रहा था। मुख्य विकास अधिकारी ने इसे गंभीर चूक मानते हुए गुणवत्तापूर्ण निस्तारण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। निरीक्षण के समय प्रशासनिक अधिकारी मनोज मलिक बिना किसी पूर्व सूचना के अनुपस्थित पाए गए। इसके अलावा, अकाउंट सेक्शन की जांच में तीन कर्मचारी बिना किसी आधिकारिक आदेश के कार्यालय में काम करते मिले। बाहरी या अन्य संस्थानों के व्यक्तियों का कार्यालय कार्यों में शामिल होना नियमों के विरुद्ध पाया गया। कार्यालय के विभिन्न कक्षों में सफाई व्यवस्था बेहद खराब मिली। महत्वपूर्ण सरकारी फाइलों का रख-रखाव भी सही ढंग से नहीं किया गया था, जिससे रिकॉर्ड के गुम होने या खराब होने की आशंका बनी हुई थी। मुख्य विकास अधिकारी ने इन सभी अनियमितताओं पर कड़ी नाराजगी व्यक्त की। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को स्पष्टीकरण जारी करने और व्यवस्थाओं में तत्काल सुधार करने के कड़े निर्देश दिए। CDO ने साफ किया कि सरकारी कार्यों में किसी भी प्रकार की शिथिलता या अनुशासनहीनता बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश संख्या-02 किशनगढ़बास जगदीश प्रसाद मीना ने दहेज हत्या के एक मामले में दो आरोपियों को दोषी ठहराते हुए सात-सात साल के कठोर कारावास और पांच-पांच हजार रुपए के अर्थदंड से दंडित किया है। अपर लोक अभियोजक एडवोकेट अजीत राव ने बताया कि न्यायालय ने आरोपी देशराज पुत्र रोहिताश और उसके बेटे संदीप निवासी ग्राम बिलाहेड़ी, थाना कोटकासिम को भारतीय दंड संहिता की धारा 304-बी एवं 498-ए के तहत दोषी मानते हुए ये सजा सुनाई। यह था मामलामामले के अनुसार परिवादी ओमी यादव पुत्र सरदार सिंह निवासी माजरा भालकी, थाना खोल, जिला रेवाड़ी (हरियाणा) ने 19 अगस्त 2017 को सीएचसी कोटकासिम में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। रिपोर्ट में बताया गया कि उसकी बेटी मोनिका की शादी 14 अप्रैल 2012 को संदीप के साथ हिंदू रीति-रिवाज से हुई थी। शादी में सामर्थ्य अनुसार दहेज दिया गया था, जिसमें एक हुंडई कार, करीब पांच लाख रुपए के जेवरात तथा घरेलू सामान शामिल था। 20 लाख रुपए की मांग कीआरोप था कि शादी के बाद से ही ससुराल पक्ष मोनिका को दहेज के लिए प्रताड़ित करने लगा और 20 लाख रुपए की मांग की जाने लगी। परिवादी ने आरोप लगाया कि दबाव में आकर उसने 10 लाख रुपए भी दिए, लेकिन इसके बावजूद प्रताड़ना बंद नहीं हुई। रिपोर्ट के अनुसार मोनिका कुछ समय के लिए अपने पीहर आ गई थी। बाद में ससुराल पक्ष के लोगों और गांव के बुजुर्गों के आश्वासन पर उसे वापस भेज दिया गया। घटना से करीब 10-15 दिन पहले मोनिका ने फोन कर फिर से दहेज के लिए परेशान किए जाने की जानकारी दी थी। इसके बाद सूचना मिली कि मोनिका की जहरीला पदार्थ देकर हत्या कर दी गई है। परिवादी जब परिजनों के साथ बिलाहेड़ी गांव पहुंचा तो उसकी बेटी मृत अवस्था में मिली। इस पर पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू की। जांच के दौरान पोस्टमार्टम एवं अन्य साक्ष्यों के आधार पर पुलिस ने कोर्ट में चालान पेश किया। सुनवाई के बाद न्यायालय ने आरोपी देशराज और संदीप को दोषी करार देते हुए सात वर्ष के कठोर कारावास एवं पांच-पांच हजार रुपए अर्थदंड की सजा सुनाई।
प्रयागराज के ज्वाला देवी सरस्वती विद्या इंटर कॉलेज, गंगापुरी में बोर्ड परीक्षा प्रतिभा अलंकरण समारोह आयोजित किया गया। इस अवसर पर जिले और विद्यालय की मेरिट सूची में स्थान प्राप्त करने वाले 24 मेधावी छात्र-छात्राओं को सम्मानित किया गया। छात्रों के साथ उनके अभिभावकों को भी विशेष सम्मान प्रदान किया गया। समारोह के मुख्य अतिथि न्यायमूर्ति डॉ. शेखर कुमार यादव थे। कुलभास्कर पीजी कॉलेज, प्रयागराज के एसोसिएट प्रोफेसर डॉ. शशिकांत त्रिपाठी ने कार्यक्रम की अध्यक्षता की। जिला पंचायत राज अधिकारी प्रयागराज रविशंकर द्विवेदी विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। कार्यक्रम का शुभारंभ मां सरस्वती के चित्र के समक्ष दीप प्रज्वलन और सरस्वती वंदना के साथ हुआ। मेधावी छात्रों को स्मृति चिन्ह प्रदान किए गए, जबकि उनके अभिभावकों को अंगवस्त्र भेंट कर सम्मानित किया गया। मुख्य अतिथि न्यायमूर्ति डॉ. शेखर कुमार यादव ने अपने संबोधन में कहा कि पुरस्कार व्यक्ति के जीवन में उत्साह और गति प्रदान करते हैं। उन्होंने जोर दिया कि यदि छात्रों को शुरुआती जीवन से ही प्रोत्साहन मिले, तो वे नए कीर्तिमान स्थापित कर सकते हैं। न्यायमूर्ति यादव ने कहा कि विद्या भारती द्वारा संचालित विद्यालय ऐसी प्रतिभाओं को आगे बढ़ा रहे हैं, जो भविष्य में देश और समाज का नाम रोशन करेंगी। कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे डॉ. शशिकांत त्रिपाठी ने सफलता और सार्थकता के बीच अंतर स्पष्ट किया। उन्होंने कहा कि केवल भौतिक उपलब्धियां ही जीवन का उद्देश्य नहीं होतीं, बल्कि समाज और दूसरों के जीवन में सकारात्मक योगदान देना ही सच्चे अर्थों में सार्थक जीवन है। विशिष्ट अतिथि रविशंकर द्विवेदी ने छात्रों को कड़ी मेहनत, अनुशासन और गुरुजनों के सम्मान का संदेश दिया। विद्यालय के प्रधानाचार्य बांके बिहारी पाण्डेय ने सभी अतिथियों, अभिभावकों और उपस्थित लोगों का आभार व्यक्त किया। कार्यक्रम का संचालन आचार्य सरोज सिंह ने किया।
बेगूसराय के पावन गंगा तट सिमरिया घाट पर अंतिम संस्कार के लिए आने वाले लोगों को अब परेशान नहीं होना पड़ेगा। उन्हें गंगा नदी के किनारे सही जगह खोजने की कोई जरूरत नहीं है। आज केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने सिमरिया धाम में 2 विद्युत शव दाह गृह और 4 लकड़ी शव दाह गृह का उद्घाटन किया है। मौके पर उन्होंने कहा कि सिमरिया धाम आस्था और संस्कृति का महत्वपूर्ण केंद्र है। यहां आधुनिक सुविधाओं का विकास श्रद्धालुओं -आमजनों के लिए उपयोगी होगा। विद्युत शवदाह गृह के संचालन से पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा मिलेगा और अंतिम संस्कार की प्रक्रिया अधिक सुविधाजनक होगी। गंगा तट को निर्मल रखना केवल सरकार का नहीं, बल्कि पूरे समाज का दायित्व है, इसका निर्वहन करें। लकड़ी वाले शवदाहगृह में मात्र डेढ़ क्विंटल लकड़ी से दो घंटे में शव जलेगी। जबकि विद्युत शवदाहगृह में एक घंटा समय लगेगा। शव जलने के बाद गंगा में प्रवाहित करने के लिए उसका थोड़ा सा राख परिजनों को मिलेगा। पौधरोपण भी कराने का दिया आदेश शवदाह गृह चालू होने से गंगा के साथ-साथ वायु प्रदूषण भी कम होगा। बीहट नगर परिषद के कार्यपालक अधिकारी सिमरिया धाम में शवदाहगृह चालू रहने से संबंधित बोर्ड सिमरिया धाम के मोड़ पर लगाएं। जिससे यहां आने वाले सभी शव का अंतिम संस्कार शवदाह गृह में हो सके। शेड और पौधरोपण भी संबंधित अधिकारी कराएं। मौके पर डीएम श्रीकांत शास्त्री ने कहा कि शवदाहगृह का निर्माण करने वाली एजेंसी बुडको की ओर से सप्ताह भर बाद इसे संचालन के लिए बीहट नगर परिषद को सौपेंगे। इस अवसर पर एडीएम ब्रजकिशोर चौधरी, बीहट नगर परिषद के उप मुख्य पार्षद ऋषिकेश कुमार, बीडीओ अनुरंजन कुमार सहित अन्य उपस्थित थे। इस दौरान मल्लिक समाज के लोगों ने नवनिर्मित शवदाहगृह का संचालन देने की मांग गिरिराज सिंह से किया है। राजन मल्लिक सहित अन्य ने कहा है कि शवदाह गृह में अंतिम संस्कार होने से हमारे समाज के स्थानीय 200 से अधिक लोग बेरोजगार हो जाएंगे। इसलिए उक्त शवदाहगृह में काम करने के लिए हमलोगों को रखा जाए। बता दें कि सिमरिया धाम के पूर्वी छोर गंगा तट पर मुख्यमंत्री सात निश्चय-दो में नगर विकास के फंड से 10 करोड़ की लागत से लकड़ी से जलने वाली चार शेड और बिजली पर जलने वाली दो शेड का निर्माण किया गया है। शवदाह के दौरान लोगों के बैठने के लिए वेटिंग रूम, पेयजल, लाईट और शौचालय की व्यवस्था रहेगी। इसके साथ ही शवदाह से संबंधित सामानों की दुकानें भी खुलेगी। शव जलाने और इसकी सफाई , देख-रेख को लेकर जल्द ही कर्मचारियों को तैनात किया जाएगा। बुडको के अभियंता ने बताया कि शवदाहगृह की खासियत है कि कम लकड़ी में बेहतर ढंग से शव जलेगी। लकड़ी के अपेक्षा विद्युत शवदाह में कम खर्च पड़ेगी।
छत्रपति शाहूजी महाराज विश्वविद्यालय (CSJMU) से संबद्ध कॉलेजों के स्ववित्त पोषित शिक्षकों को कैशलेस मेडिकल सुविधा देने का रास्ता तो सरकार ने साफ कर दिया है, लेकिन कॉलेजों की लापरवाही इस योजना पर भारी पड़ती नजर आ रही है। ताजा आंकड़ों के अनुसार विश्वविद्यालय से जुड़े करीब 462 कॉलेजों ने अब तक अपने शिक्षकों की सूची विश्वविद्यालय प्रशासन को नहीं भेजी है। अगर जल्द ही यह प्रक्रिया पूरी नहीं हुई, तो हजारों शिक्षक सरकार की इस महत्वपूर्ण योजना का लाभ लेने से वंचित रह सकते हैं। कुलसचिव से मिले शिक्षक संघ के पदाधिकारीबुधवार 6 मई 2026 को कानपुर विश्वविद्यालय स्ववित्त पोषित शिक्षक संघ का प्रतिनिधिमंडल इस मुद्दे को लेकर विश्वविद्यालय के कुलसचिव राकेश मिश्रा से मिला। संघ के अध्यक्ष डॉ. कमलेश यादव और महामंत्री डॉ. अखंड प्रताप सिंह ने शिक्षकों की समस्याओं को विस्तार से रखा। बैठक के दौरान सामने आया कि अब तक केवल 100 कॉलेजों ने ही अपने शिक्षकों का डेटा विश्वविद्यालय को उपलब्ध कराया है, जबकि बड़ी संख्या में कॉलेज अब भी सूची भेजने में देरी कर रहे हैं। शिक्षक संघ के पदाधिकारियों ने कहा कि स्ववित्त पोषित शिक्षकों को कैशलेस मेडिकल सुविधा दिलाने के लिए मुख्य संरक्षक और कानपुर-उन्नाव शिक्षक एमएलसी राज बहादुर सिंह चंदेल लंबे समय से संघर्ष कर रहे हैं। उनके लगातार प्रयासों के बाद ही सरकार ने यह सुविधा लागू की है। संघ का कहना है कि यदि कॉलेज प्रबंधन समय पर सूची नहीं भेजते हैं, तो यह पूरा प्रयास कमजोर पड़ जाएगा। पदाधिकारियों ने इसे शिक्षकों के हितों के साथ खिलवाड़ बताया। शिक्षकों से खुद आगे आने की अपीलशिक्षक संघ ने अब सीधे शिक्षकों से अपील की है कि वे इस मामले में सक्रिय भूमिका निभाएं। संघ के मुताबिक शिक्षक अपने-अपने कॉलेज प्रशासन पर दबाव बनाएं, ताकि उनकी सूची जल्द से जल्द विश्वविद्यालय को भेजी जा सके। इसके साथ ही शिक्षकों से यह भी कहा गया है कि वे दूसरे कॉलेजों में कार्यरत साथियों को भी इस योजना के प्रति जागरूक करें। विश्वविद्यालय प्रशासन और शिक्षक संघ दोनों का मानना है कि डेटा भेजने में जितनी देरी होगी, आगे की प्रक्रिया उतनी ही जटिल होती जाएगी। बड़ी संख्या में स्ववित्त पोषित शिक्षक इस योजना से जुड़ने की प्रतीक्षा कर रहे हैं। अगर कॉलेज समय पर सूची नहीं भेजते हैं, तो तकनीकी कारणों से शिक्षकों के नाम पोर्टल पर अपडेट नहीं हो पाएंगे। ऐसे में जरूरत पड़ने पर उन्हें इलाज के दौरान कैशलेस मेडिकल सुविधा का लाभ नहीं मिल सकेगा।
विदिशा जिले के मुरादपुर गांव में गुरुवार को प्रशासन और सामाजिक संगठनों की संयुक्त कार्रवाई में एक बाल विवाह रुकवाया गया। ‘अट्टा-सट्टा’ यानी अदला-बदली विवाह प्रथा के तहत तीन जोड़ों की शादी कराई जा रही थी, जिसमें एक नाबालिग लड़का भी शामिल था। कार्रवाई के बाद तीनों परिवारों ने विवाह कार्यक्रम स्थगित कर दिए। बाल विभाग और पुलिस टीम गांव पहुंचीजानकारी के अनुसार, विदिशा सोशल वेलफेयर ऑर्गेनाइजेशन को मुरादपुर गांव में बाल विवाह होने की सूचना मिली थी। इसके बाद जिला कार्यक्रम अधिकारी विनीत कस्बा और सहायक संचालक विवेक शर्मा के मार्गदर्शन में महिला एवं बाल विकास विभाग, सोशल वेलफेयर ऑर्गेनाइजेशन और पुलिस की संयुक्त टीम गठित की गई। टीम जब गांव पहुंची, तब वहां तीन विवाहों की तैयारियां चल रही थीं। अधिकारियों ने लड़के और लड़कियों के दस्तावेजों की जांच की। जांच में सामने आया कि एक लड़के की जन्मतिथि 27 जून 2010 दर्ज है, जिससे उसकी उम्र कानूनी विवाह आयु से काफी कम पाई गई। वहीं, संबंधित युवती की उम्र 22 वर्ष बताई गई। गांव की अदला बदली प्रथा के तहत कर रहे थे विवाहपूछताछ के दौरान परिजनों ने बताया कि गांव में ‘अट्टा-सट्टा’ प्रथा प्रचलित है। इस परंपरा के तहत एक परिवार अपनी बेटी का विवाह दूसरे परिवार में करता है और बदले में उस परिवार की बेटी का विवाह अपने बेटे से कराया जाता है। इसी सामाजिक परंपरा के कारण नाबालिग लड़के का विवाह भी तय किया गया था। टीम ने माता-पिता और ग्रामीणों को समझाइश दीसंयुक्त टीम ने परिजनों को बाल विवाह प्रतिषेध अधिनियम की जानकारी देते हुए बताया कि 21 वर्ष से कम आयु के लड़के का विवाह कराना कानूनन अपराध है। अधिकारियों ने कानूनी कार्रवाई की चेतावनी भी दी। समझाइश के बाद परिजन विवाह रोकने के लिए सहमत हो गए। मौके पर पंचनामा तैयार कर हस्ताक्षर कराए गए, जिसके बाद बाल विवाह को सफलतापूर्वक रोक दिया गया। अधिकारियों ने बताया कि ग्रामीण क्षेत्रों में ‘अट्टा-सट्टा’ जैसी परंपराएं आज भी सामाजिक दबाव और पुरानी मान्यताओं के कारण जारी हैं। यही वजह है कि कई बार कम उम्र में विवाह के मामले सामने आते हैं।
ग्रेटर नोएडा के जेवर स्थित पुरानी अनाज मंडी में गुरुवार को मामूली कहासुनी के बाद एक व्यापारी और उसके भाइयों समेत चार लोगों पर लाठी-डंडों से हमला किया गया। इस हमले में चारों गंभीर रूप से घायल हो गए। पुलिस ने गुरुवार शाम मामला दर्ज कर आरोपियों की तलाश शुरू कर दी है। मोहल्ला खोरिया के रहने वाले गौरव जैन पुरानी अनाज मंडी में खादी भंडार की दुकान चलाते हैं। गौरव जैन के अनुसार, गुरुवार को वह अपनी दुकान के बाहर टेंपो से आया सामान उतरवा रहे थे, तभी कार से पहुंचे सोनू उर्फ विक्की ने उनसे टेंपो हटाने को कहा। गौरव ने तुरंत टेंपो हटवा दिया, लेकिन इसके बावजूद आरोपी उनसे बहस करने लगा। आरोप है कि कुछ देर बाद सोनू ने अपने साथी हरिओम, श्री गोपाल और यश को मौके पर बुला लिया। इसके बाद सभी आरोपियों ने मिलकर गौरव जैन, उनके भाई सौरभ जैन, ताऊ के बेटे प्रवीण जैन और दुकान पर काम करने वाले महेश पर लाठी-डंडों से हमला कर दिया। इस हमले में चारों गंभीर रूप से घायल हो गए। हमलावर जान से मारने की धमकी देकर मौके से फरार हो गए। सभी घायलों को उपचार के लिए एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है। यह पूरी घटना मंडी में लगे सीसीटीवी कैमरों में कैद हो गई है। घटना से नाराज व्यापारियों ने देर शाम कोतवाली पहुंचकर आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी की मांग की। पुलिस ने मिली तहरीर के आधार पर मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
बिहार में नए मंत्रिमंडल के गठन के बाद दरभंगा में खुशी का माहौल देखने को मिला। खराजपुर गांव निवासी मदन सहनी को लगातार सातवीं बार मंत्री पद मिलने पर उनके आवास पर समर्थकों और परिजनों ने जमकर जश्न मनाया। लोगों ने एक-दूसरे को अबीर-गुलाल लगाकर मिठाई खिलाई और बम-पटाखे छोड़कर खुशी का इजहार किया। माहौल ऐसा था मानो होली और दीपावली एक साथ मनाई जा रही हो।हालांकि, मंत्री मदन सहनी के परिवार के अधिकांश सदस्य पटना में आयोजित शपथ ग्रहण समारोह में शामिल होने गए थे, लेकिन गांव और आवास पर मौजूद लोगों ने उत्साहपूर्वक जश्न मनाया। इस मौके पर मंत्री के साले सुरेंद्र कुमार सहनी ने कहा कि “सिर्फ हम लोग ही नहीं, पूरा देश खुश है। देश भाजपामय हो गया है।बिहार में सम्राट चौधरी वाली सरकार बनी है। मेरे बहनोई मदन सहनी लगातार जनता के लिए काम करते आए हैं और पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के कार्यकाल में भी लगातार मंत्री रहे हैं। उनके काम को देखते हुए ही इस बार भी उन्हें मंत्री बनाया गया है।” दरभंगा में एम्स बन रहा है उन्होंने कहा कि मदन सहनी के विधानसभा क्षेत्र में लगातार विकास काम हो रहे हैं। “दरभंगा में एम्स बन रहा है, केंद्रीय विद्यालय का निर्माण हो रहा है, सड़क और पुल-पुलियों का जाल बिछाया गया है, आईटी पार्क बना है। क्षेत्र में विकास के कई बड़े काम हुए हैं और आगे भी होते रहेंगे।” वहीं दूसरी ओर भाजपा प्रदेश कार्यसमिति सदस्य डॉ. निर्भय शंकर भारद्वाज की अगुवाई में अहिल्या स्थान मंदिर प्रांगण में माता अहिल्या का पूजन कर नीतीश मिश्रा के मंत्रिमंडल में शामिल होने की खुशी मनाई गई। इस दौरान लोगों के बीच मिठाइयां बांटी गईं। डॉ. भारद्वाज ने कहा कि “नीतीश मिश्रा को मंत्रिमंडल में शामिल कर संपूर्ण मिथिला को सम्मानित करने का काम किया गया है। उन्होंने उद्योग मंत्री और पर्यटन मंत्री के रूप में अपने कार्यकाल में लंबी लकीर खींचने का काम किया है। उन्हें जिस भी विभाग की जिम्मेदारी मिलेगी, उनका अनुभव और कार्यशैली बिहार को नई दिशा देने का काम करेगी।” रामऔतार गौतम अहिल्या संस्कृत महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. इंद्रेश कुमार ने कहा कि “पढ़े-लिखे लोग ही समाज को नई दिशा और दशा देते हैं। उनकी कार्यशैली ही उनकी पहचान होती है।” इस अवसर पर अहिल्यास्थान के महंत बजरंगी शरण दास, डॉ. मनोरंजन शर्मा, डॉ. इंद्रेश कुमार, डॉ. अभय शंकर, डॉ. सुभाष चंद्र यादव, डॉ. नवीन प्रकाश, डॉ. रानी कुमारी, दीपक कुमार, संजीव कुमार, मगन ठाकुर समेत दर्जनों लोग उपस्थित रहे।
पाली में तस्करों को पकड़ने के लिए ANTF टीम टोलकर्मी बनी। जैसे ही संदिग्ध कार आई। उसे टोल नहीं कटने की बात कहकर साइड में करवाया फिर स्थानीय पुलिस की मदद से कार की तलाशी ली। जिसमें 21.87 ग्राम अवैध एमडी मिलने पर कार और एमडी को जब्त किया। और चार आरोपियों को गिरफ्तार किया। टीम को सूचना मिली की जोधपुर की तरफ एक कार में अवैध मादक पदार्थ लेकर कुछ लोग आ रहे है। इस पर टीम ने बुधवार रात को रोहट क्षेत्र के गाजनगढ़ टोल नांके पर साधा वर्दी में पहुंची। और तस्करों को पकड़ने के लिए टोलकर्मियों की ड्रेस पहनकर टोल पर तैनात हो गए। जैसे ही जोधपुर की तरफ से संदिग्ध कार आई। उसे टोल नहीं कटने की बात कहते हुए साइड में करवाया। पुलिस रोहट पुलिस को मौके पर बुलाया। तलाशी में कार में 21.87 ग्राम अवैध एमडी मिली। जिसको लेकर वे कोई संतोषजनक जवाब नहीं दे सके। ऐसे में कार में सवार चार आरोपियों को गिरफ्तार कर एमडी और कार भी जब्त की। इन चार आरोपियों को किया गिरफ्तारपाली के मंडिया रोड गरीब नवाज कॉलोनी निवासी फरदीन उर्फ चीनू पुत्र फारूख, मोबिन खान उर्फ बंटी पुत्र चांद मोहम्मद, मंडिया रोड शिव नगर निवासी भरत कुमार पुत्र नारायणलाल और रामदेव रोड पुलिस चौकी के सामने रहने वाले कार्तिक पुत्र पीराराम को गिरफ्तार किया।
लखनऊ स्थित बिरजू महाराज कथक संस्थान में गुरुवार को 'व्याख्यान-सह प्रदर्शन' कार्यक्रम का आयोजन हुआ। कार्यक्रम का विषय था- 'दृश्य कला के सौन्दर्य तत्व: नृत्य के संदर्भ में।' संस्कृति विभाग उत्तर प्रदेश के तत्वावधान में आयोजित इस कार्यक्रम में कला, नृत्य और सौंदर्य के विभिन्न आयामों पर विस्तार से चर्चा हुई। कार्यक्रम के मुख्य वक्ता डॉ. सुनील कुमार विश्वकर्मा रहे। उन्होंने अपने व्याख्यान में भारतीय कला और नृत्य के सौंदर्य सिद्धांतों को सरल भाषा में समझाया। उन्होंने कहा कि संचारी भाव, विभाव और अनुभाव से रस की उत्पत्ति होती है और रस का अंतिम उद्देश्य आनंद प्रदान करना है। कला का मूल कार्य भी मनुष्य को आनंद देना ही है। नर्तक अपनी अभिव्यक्ति से अकथ्य को कथ्य बना देता है डॉ. विश्वकर्मा ने कहा कि नर्तक अपनी अभिव्यक्ति के माध्यम से अकथ्य को भी कथ्य बना देता है। कलाकार तभी कला की पूर्णता को प्राप्त कर सकता है, जब उसके भीतर का अहं समाप्त हो जाए। उनके विचारों ने उपस्थित विद्यार्थियों और कला प्रेमियों को गहराई से प्रभावित किया। भारतीय नृत्य परंपरा और गहराई से परिचित कराया कार्यक्रम का संचालन संस्थान की प्रशिक्षिका डॉ. उपासना दीक्षित ने किया। संस्थान के विद्यार्थियों, अभिभावकों, शिक्षकों और कर्मचारियों ने उत्साह के साथ कार्यक्रम में भाग लिया। व्याख्यान और प्रदर्शन ने कला प्रेमियों को भारतीय नृत्य परंपरा के सौंदर्य और गहराई से परिचित कराया। आयोजन को ज्ञानवर्धक और प्रेरणादायी बताया गया। कार्यक्रम में भातखण्डे संस्कृति विश्वविद्यालय की कुलपति प्रो. माण्डवी सिंह, संस्थान की अध्यक्ष डॉ. कुमकुम धर और उपाध्यक्ष डॉ. मिथिलेश तिवारी की गरिमामयी उपस्थिति रही।
इंदिरा गांधी नहर में रखरखाव के लिए की गई नहरबंदी अपने निर्धारित समय पर ही पूरी होगी। जलदाय विभाग ने स्पष्टीकरण जारी करते हुए कहा है कि आम आदमी को 11 मई से नहरबंदी के संकट से नहीं जूझना पड़ेगा। 14 मई से बीकानेर शहर को पहले की तरह हर रोज पानी मिलना शुरू हो जाएगा। जलदाय विभाग के अधीक्षण अभियंता ग्रामीण राजेश पुनिया ने बताया कि बीकानेर में जारी नहरबंदी 10 मई 2026 को पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार समाप्त हो जाएगी। जलदाय विभाग ने इंदिरा गांधी नहर अधिकारियों के साथ समन्वय स्थापित कर आगामी जलापूर्ति व्यवस्था तय कर ली है। विभाग के अनुसार 14 या 15 मई तक जिले के सभी क्षेत्रों में नहरी पानी पहुंचना संभावित है। वर्तमान में जिले के शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों के लिए पर्याप्त मात्रा में पेयजल का भंडारण किया गया है। इसी वजह से नहरबंदी के दौरान भी जल वितरण व्यवस्था सुचारु रूप से संचालित की जा रही है। उन्होंने बताया कि आगामी आदेश तक वर्तमान समयांतराल के अनुसार ही पेयजल सप्लाई की जाएगी। विभाग लगातार स्थिति पर नजर बनाए हुए है ताकि नहरबंदी की अवधि में आमजन को पेयजल संकट का सामना नहीं करना पड़े। दरअसल, पंजाब में समय पर काम पूरा नहीं होने के कारण शहर में पेयजल आपूर्ति को लेकर चिंता बढ़ गई थी। ये भी आशंका जताई गई थी नहर बंदी की अवधि को बढ़ाना भी पड़ सकता है। हालांकि अब जलदाय विभाग ने साफ किया है कि नहरबंदी पूर्व निर्धारित समय पर ही समाप्त होगी। इसके बाद तीन दिन में पानी बीकानेर के जलाशयों में पहुंच जाएगा। हालांकि विभाग ने ये स्पष्ट नहीं किया है कि 14 मई से मिलने वाला पानी साफ होगा या फिर उसके साथ मिट्टी का बहाव हो सकता है। आमतौर पर नहर बंदी के बाद जलापूर्ति सामान्य होने से पहले दो दिन तक पानी साफ नहीं आता।
लखनऊ में लोकसंगीत कार्यशाला का सातवां दिन:महिलाओं और युवतियों ने सीखे पारंपरिक लोकगीत
लखनऊ में गौरैया संस्कृति संस्थान की लोकसंगीत कार्यशाला का सातवां दिन लोकधुनों और पारंपरिक गीतों से सराबोर रहा। कार्यशाला में महिलाओं और युवतियों ने पूरे उत्साह के साथ लोकगीतों की बारीकियां सीखीं। कार्यक्रम का उद्देश्य नई पीढ़ी को अपनी लोक परंपराओं और सांस्कृतिक विरासत से जोड़ना है। आकाशवाणी की ए ग्रेड कलाकार रंजना मिश्रा ने प्रतिभागियों को राम भजन “राम जय राम”, विवाह गीत “बेरिया की बेरि तुही बरजेहु बाबा”, पचरा गीत “सुमिरिला सरदा भवानी पत राखा महारानी” और “रटन लागी जिभिया” जैसे पारंपरिक गीत सिखाए। जेठ के मंगल के अवसर पर हनुमान भजन भी प्रशिक्षण का हिस्सा रहा। गीतों की प्रस्तुति के दौरान माहौल पूरी तरह भक्तिमय और लोकसंस्कृति के रंग में रंगा नजर आया। पारंपरिक विधाओं का प्रशिक्षण दिया जा रहा रंजना मिश्रा ने बताया कि कार्यशाला में विवाह गीत, बधाई गीत, दादरा, पचरा, सोहर, नकटा, सरिया और लोक भजन जैसी पारंपरिक विधाओं का प्रशिक्षण दिया जा रहा है। उन्होंने कहा कि करीब 11 ऐसे गीत सिखाए जाएंगे, जो अलग-अलग सामाजिक और पारिवारिक अवसरों से जुड़े हैं। इससे नई पीढ़ी अपनी जड़ों और लोकसंस्कृति को बेहतर ढंग से समझ सकेगी। ढोलक पर विशाल मिश्रा और हारमोनियम पर शंकर दूबे ने संगत कर कार्यक्रम को और आकर्षक बना दिया। कार्यशाला में लोकसंगीत सीखने वालों का उत्साह देखते ही बन रहा था। संस्था की ओर से बताया गया कि जो लोग लोकगीत और पारंपरिक संगीत सीखना चाहते हैं, वे संपर्क कर कार्यशाला से जुड़ सकते हैं। ये रहीं मौजूद कार्यशाला में सुनीता चौरसिया, रीना सिंह, कुमकुम मिश्रा, अल्पना श्रीवास्तव, डॉ. सुषमा रस्तोगी, रंजना सिंह, रमा सिंह, आशा तिवारी, सुषमा सक्सेना, नवनीता जफा, अनुराधा गुप्ता, अमिता द्विवेदी, भावना शुक्ला, आभा मिश्रा, आभा शुक्ला, सुनीता निगम और रेनुका त्रिपाठी समेत कई महिलाएं शामिल रहीं।
डेली कॉलेज के चुनाव में बैलट पेपर चोरी का आरोप:प्रत्याशी ने लगाए आरोप, 21 मई को होना है चुनाव
इंदौर के डेली कॉलेज सोसाइटी में न्यू डोनर कैटेगरी के चुनाव को लेकर विवाद गहराता जा रहा है। 21 मई को होने वाले चुनाव के लिए 5 और 6 मई को विभिन्न शहरों में 153 बैलेट पेपर स्पीड पोस्ट के जरिए भेजे गए थे। अब पूर्व छात्र और प्रत्याशी राजेश अग्रवाल ने कुछ बैलेट पेपर चोरी और जबरन छीनने के आरोप लगाए हैं। राजेश अग्रवाल ने आरोप लगाते हुए कहा कि इलेक्शन ऑफिसर और डेली कॉलेज सोसाइटी के सेक्रेटरी चुनाव प्रक्रिया में लगातार एकपक्षीय, असंवैधानिक और नियमों के विपरीत कार्रवाई कर रहे हैं। उनका कहना है कि चुनाव की अधिसूचना 21 अप्रैल को जारी की गई थी, उस समय पुराना संविधान लागू था, जबकि नए संविधान को 24 अप्रैल को स्वीकृति मिली। इसके बावजूद चुनाव नए संविधान के आधार पर कराए जा रहे हैं। उन्होंने यह भी सवाल उठाया कि चुनाव संबंधी गाइडलाइंस 30 अप्रैल को जारी की गईं, जबकि चुनाव प्रक्रिया पहले ही शुरू हो चुकी थी। प्रत्याशी ने आरोप लगाया कि बैलेट पेपर भेजे जाने के बाद डेली कॉलेज सोसाइटी के अध्यक्ष और बोर्ड मेंबर्स द्वारा जबरदस्ती बैलेट छीने जा रहे हैं। उनके अनुसार गुरुवार को देवास में एक उद्योगपति के कार्यालय से उनकी इच्छा के विरुद्ध 20 से 25 लोगों ने बैलेट पेपर छीन लिया। इसके अलावा देवास में दो अन्य लोगों के कार्यालयों से भी इसी प्रकार बैलेट उठाए जाने की बात कही गई है। राजेश अग्रवाल ने यह भी आरोप लगाया कि पीथमपुर में बंद पड़े तीन कारखानों के बैलेट पेपर पोस्टमैन से ही ले लिए गए, जबकि डिलीवरी नहीं होने की स्थिति में इन्हें पोस्ट ऑफिस वापस लौटना चाहिए था। मामले को लेकर उन्होंने चुनाव प्रक्रिया की निष्पक्षता पर सवाल उठाते हुए जांच की मांग की है।
हरदोई के अतरौली थाना क्षेत्र में गुरुवार दोपहर छावन गांव के पास स्थित कैंपा फैक्ट्री में काम के दौरान हाइड्रा मशीन पलटने से एक सुपरवाइजर की दबकर मौत हो गई। घटना के बाद हाइड्रा का ड्राइवर और अन्य स्टाफ मौके से फरार हो गए। जानकारी के अनुसार, मृतक सुपरवाइजर शिवम गौतम फैक्ट्री में टाइ रॉड का नंबर बताने के लिए आए थे। इसी दौरान, 200 कुंतल वजनी पाइपलाइन ब्रिज को हाइड्रा मशीन से उठाया जा रहा था। तभी अचानक 10 टन वजनी हाइड्रा पलट गया, जिससे शिवम उसके नीचे दब गए। उनके सिर और पैर में गंभीर चोटें आईं, जिससे मौके पर ही उनकी मौत हो गई। मृतक शिवम गौतम पुत्र जगजीवन गौतम बाराबंकी के टिकैत नगर थाना क्षेत्र के करौनि गांव के निवासी थे। वह स्टील बेल्ट कंपनी के तहत सुपरवाइजर के पद पर पिछले चार माह से कार्यरत थे। उनके पिता जगजीवन गौतम ने बताया कि शिवम उनका बड़ा बेटा था। पिता जगजीवन ने बताया कि हादसे के बाद फैक्ट्री का सारा स्टाफ भाग गया। अतरौली थाना प्रभारी सतीश चंद्र ने बताया- हाइड्रा पटलने से एक युवक की मौत हो गई। शिवम के परिजनों को सूचना दे दी गई। बताया कि अभी तक कोई तहरीर नहीं मिली है। तहरीर मिलने के बाद आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
हरियाणा के पंचकूला में चुनाव प्रक्रिया को निष्पक्ष, सुरक्षित और शांतिपूर्ण ढंग शहरभर में व्यापक स्तर पर फ्लैग मार्च निकाला गया। भारी पुलिस बल की मौजूदगी में निकाले गए इस मार्च के माध्यम से जहां आम जनता में सुरक्षा और विश्वास का माहौल बनाने का प्रयास किया गया। डीसीपी क्राइम एंड ट्रैफिक अमरिंदर सिंह के नेतृत्व में थाना सेक्टर-14 क्षेत्र के अंतर्गत इंदिरा कॉलोनी, राजीव कॉलोनी, बुढ़नपुर, सेक्टर-19, सेक्टर-14 तथा सेक्टर-20 सहित विभिन्न अति संवेदनशील क्षेत्रों में फ्लैग मार्च निकाला गया। इस दौरान एसीपी क्राइम अरविंद कंबोज, विभिन्न क्राइम यूनिटों के इंचार्ज, संबंधित थाना प्रबंधक और चौकी प्रभारी अपनी टीमों सहित मौजूद रहे। पुलिस की गाड़ियों के काफिले, सशस्त्र स्वैट कमांडो और जवानों की मौजूदगी से पूरे क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था का व्यापक प्रदर्शन देखने को मिला। डीसीपी क्राइम एंड ट्रैफिक अमरिंदर सिंह ने बताया कि फ्लैग मार्च का मुख्य उद्देश्य आम नागरिकों में सुरक्षा का भरोसा मजबूत करना और असामाजिक गतिविधियों में संलिप्त तत्वों को यह स्पष्ट संदेश देना था कि चुनाव के दौरान पुलिस पूरी तरह मुस्तैद है और हर गतिविधि पर पैनी नजर रखी जा रही है। उन्होंने कहा कि चुनाव प्रक्रिया को प्रभावित करने, माहौल खराब करने या कानून व्यवस्था भंग करने की किसी भी कोशिश को सख्ती से निपटाया जाएगा। हर थाना एरिया की जिम्मेदारी ACP कोडीसीपी पंचकूला सृष्टि गुप्ता ने जानकारी देते हुए बताया कि नगर निगम चुनाव जिले के छह थाना क्षेत्रों के अंतर्गत संपन्न होने हैं। इसी को ध्यान में रखते हुए प्रत्येक थाना क्षेत्र में एक-एक एसीपी को विशेष जिम्मेदारी सौंपी गई है ताकि चुनाव संबंधी सुरक्षा व्यवस्था और कानून व्यवस्था को प्रभावी ढंग से संचालित किया जा सके। उन्होंने बताया कि आज सभी एसीपी द्वारा संबंधित थाना और चौकी प्रभारियों की मौजूदगी में अपने-अपने क्षेत्रों में फ्लैग मार्च निकाले गए तथा मतदान केंद्रों का निरीक्षण भी किया गया। इसके तहत चंडीमंदिर थाना क्षेत्र में एसीपी विक्रम नेहरा, मनसा देवी थाना क्षेत्र में एसीपी दिनेश कुमार, सेक्टर-5 थाना क्षेत्र में एसीपी अजीत सिंह, सेक्टर-7 थाना क्षेत्र में एसीपी आशीष कुमार, सेक्टर-14 थाना क्षेत्र में एसीपी राकेश कुमार तथा सेक्टर-20 थाना क्षेत्र में एसीपी सुरेंद्र सिंह के नेतृत्व में सुरक्षा बलों ने विभिन्न इलाकों में फ्लैग मार्च कर सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया।
गोपालगंज पुलिस ने फरार चल रहे तीन आरोपियों साहिल आलम, शाहिद आलम और सैफ आलम के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। माधोपुर थाने की पुलिस ने न्यायालय के आदेश पर सरेया नरेंद्र गांव स्थित उनके घरों पर ढोल-नगाड़े बजाकर इश्तेहार चिपकाया। यह कार्रवाई कुर्की-जब्ती से पहले की अंतिम वैधानिक चेतावनी मानी जा रही है। थानाध्यक्ष विकास कुमार के नेतृत्व में पुलिस बल ढोल-नगाड़ों के साथ सरेया नरेंद्र गांव पहुंचा। पुलिस ने पूरे गांव में मुनादी करवाई और ग्रामीणों को सूचित किया कि ये तीनों व्यक्ति कानून की नजर में भगोड़े हैं। इसके बाद, आरोपियों के घर के मुख्य दरवाजे और सार्वजनिक स्थान पर कोर्ट द्वारा जारी नोटिस (इश्तेहार) को विधिवत चिपकाया गया। यह कार्रवाई उन तीन नामजद आरोपियों के खिलाफ की गई है जो लंबे समय से पुलिस को चकमा दे रहे हैं और न्यायालय में आत्मसमर्पण नहीं कर रहे हैं। माधोपुर थाना क्षेत्र के सरेया नरेंद्र गांव निवासी शाकिर आलम के बेटे साहिल आलम, शाहिद आलम और सैफ आलम हत्या के प्रयास सहित विभिन्न मामलों में फरार चल रहे हैं। आत्मसमर्पण नहीं करने पर कार्रवाई थानाध्यक्ष विकास कुमार ने स्पष्ट किया कि यदि निर्धारित समय सीमा के भीतर ये तीनों आरोपी न्यायालय या थाने में आत्मसमर्पण नहीं करते हैं, तो पुलिस अगली प्रक्रिया के तहत उनके घरों की कुर्की-जब्ती करेगी। गोपालगंज पुलिस की इस सक्रियता से क्षेत्र के अपराधियों में हड़कंप मचा हुआ है। पुलिस प्रशासन ने साफ कर दिया है कि फरार चल रहे किसी भी अपराधी को बख्शा नहीं जाएगा और उनके खिलाफ सख्त कानूनी कदम उठाए जाते रहेंगे। थानाध्यक्ष ने बताया कि सभी आवश्यक कानूनी प्रक्रियाओं का पालन करते हुए स्थानीय गवाहों की उपस्थिति में इश्तेहार तामिल किया गया।
झांसी के वार्ड नंबर-31 लहरगिर्द में गुरुवार को सदर विधायक रवि शर्मा और नगर आयुक्त आकांक्षा राणा ने सीएम ग्रिड परियोजना के तहत बन रही सड़क का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने निर्माण कार्य की प्रगति देखी और सड़क चौड़ीकरण में आ रही बाधाओं को लेकर स्थानीय लोगों से बातचीत की। विधायक ने कहा कि क्षेत्र को सिविल लाइन जैसा विकसित किया जाएगा, लेकिन इसके लिए लोगों को भी थोड़ा समर्पण दिखाना होगा। आईटीआई रेल अंडरपास से लहरगिर्द होकर झांसी-कोटा नेशनल हाईवे तक जाने वाला यह मार्ग शहर का महत्वपूर्ण संपर्क मार्ग माना जाता है। इसी वजह से इसे मुख्यमंत्री ग्रीन रोड इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट स्कीम (सीएम ग्रिड योजना) में शामिल किया गया है। करीब 8 करोड़ 92 लाख 73 हजार रुपए की लागत से 1.30 किलोमीटर लंबी सड़क बनाई जा रही है।निरीक्षण के दौरान विधायक और नगर आयुक्त ने कार्यदायी संस्था के इंजीनियरों व सुपरवाइजर से जानकारी ली। अधिकारियों ने बताया कि कई स्थानों पर स्थायी निर्माण सड़क चौड़ीकरण में बाधा बन रहे हैं। इसके बाद विधायक नगर आयुक्त व अन्य अधिकारियों के साथ मौके पर पहुंचे और संबंधित लोगों से चर्चा की। एक मंदिर सड़क से सटकर बना हुआ है, जिसके कारण चौड़ीकरण प्रभावित हो रहा है। विधायक ने मंदिर संचालकों से बातचीत कर मंदिर को शिफ्ट करने पर सहमति भी मांगी। इसके अलावा कुछ मकानों को भी स्वीकृत ड्रॉइंग के अनुसार पीछे हटाने की आवश्यकता बताई गई। इसको लेकर सदर विधायक रवि शर्मा ने कहा कि जल्द ही सभी समस्याओं का समाधान कर लिया जाएगा। उन्होंने बताया कि इस परियोजना में पांच विभागों के समन्वय से काम किया जा रहा है। आने वाले समय में सड़क पर कोई भी बिजली या टेलीफोन का खंभा दिखाई नहीं देगा। बिजली, पानी, सीवर और टेलीफोन सहित सभी लाइनें अंडरग्राउंड की जाएंगी।

