दवा कारोबारी विनीत मिनोचा की हत्या और बेटे सुब्रत के जेल जाने के बाद कारोबार को चलाने के लिए विनीत की पत्नी पुनीता ने सुब्रत से पावर ऑफ अटार्नी पंजीकृत कराने की कोर्ट से अनुमति मांगी है।
Weather in UP: यूपी में एक बार फिर से मौसम सक्रिय होने जा रहा है। मौसम विभाग के अनुसार प्रदेश में एक और विक्षोभ 15 अक्तूबर से सक्रिय होगा।
Shraddha Dubey video: लखनऊ के चर्चित शिवा हत्याकांड की आरोपी श्रद्धा दुबे ने एक वीडियो जारी करते हुए खुद को बेगुनाह बताया है।
अजब प्रेम की गजब कहानी: 75 साल के बुजुर्ग पर आया 30 साल की इंस्टाग्राम ब्लॉगर का दिल, हुई सगाई
प्यार उम्र की सरहदों और फासलों को नहीं देखता, इस बात को सच साबित करती एक अनोखी प्रेम कहानी औरैया और सहार क्षेत्र में चर्चा का विषय बनी हुई है।
जोधपुर पंचायत चुनाव: 43 वार्डों में 148 नामांकन वैध, आरएलपी और कांग्रेस प्रत्याशियों के पर्चे खारिज
राजस्थान में पंचायती राज आम चुनाव 2026 के तहत जोधपुर जिला परिषद के 43 वार्डों के लिए दाखिल नामांकन पत्रों की बुधवार को जांच की गई। कुल 208 नामांकन पत्रों में से 148 वैध पाए गए। जांच के दौरान 57 नामांकन पत्र अस्वीकृत किए गए, जबकि चार खारिज किए गए।
UP News Today Live: उत्तर प्रदेश ब्रेकिंग न्यूज़, पढ़ें 15 अक्टूबर के मुख्य और ताजा समाचार
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इलाहाबाद हाई कोर्ट ने प्रयागराज के स्वरूप रानी नेहरू अस्पताल से संबद्ध मोतीलाल नेहरू मेडिकल कॉलेज के 200 बेड के चिल्ड्रन विंग का निर्माण 7 साल बाद भी पूरा न होने पर गहरी नाराजगी जताई है। कोर्ट ने कहा कि यह बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है कि शहर के बच्चों के इलाज के लिए बन रहा अस्पताल इतने साल बाद भी बन कर तैयार नहीं हो सका। डॉ. अरविंद गुप्ता की याचिका की सुनवाई न्यायमूर्ति रोहित रंजन अग्रवाल ने की। याची की ओर से अधिवक्ता आरती अग्रवाल, राहुल अग्रवाल और प्रतिवादियों की ओर से अक्षय गुप्ता, विभु राय, विवेक प्रसाद माथुर उपस्थित रहे। मुख्य सचिव का हलफनामा मुख्य सचिव, यूपी सरकार का दूसरा हलफनामा और प्रमुख सचिव, चिकित्सा स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा विभाग का 16वां हलफनामा दाखिल किया गया। इसमें बताया गया कि स्वास्थ्य विभाग को आवंटित जमीन पर खड़े 21 सरकारी बंगलों को ध्वस्त करने का प्रस्ताव 13.अक्टूबर .2026 को कैबिनेट की मंजूरी के लिए भेजा गया है। पिछली तारीख के आदेश पर यूपी सिडको के मैनेजिंग डायरेक्टर संजीव सिंह कोर्ट में हाजिर हुए। उनके वकील विवेक प्रसाद माथुर ने उनकी पहचान की। मेसर्स आर सी बी इंफ्राकान्स प्रा लि की ओर से इंटरवेंशन एप्लीकेशन दाखिल की गई। कंपनी के डायरेक्टर रोहित अवस्थी भी कोर्ट में हाजिर हुए। कोर्ट में कहा कि ठेकेदार डिफॉल्ट एम डी ने कोर्ट में कहा कि ठेकेदार ने डिफॉल्ट किया और उन्हें अंधेरे में रखा। पहले उन्होंने 30 सितंबर 2026 तक सभी 6 लिफ्ट लगाकर पूरा चिल्ड्रन विंग हैंडओवर करने का आश्वासन दिया था, लेकिन वह पूरा नहीं हुआ, इसलिए उन्हें तलब करना पड़ा। ठेकेदार के वकील उदय चंदानी ने कहा कि सिविल वर्क पूरा हो चुका था, लेकिन अगस्त 2025 में विभाग ने अतिरिक्त काम लिफ्ट लगाने और अन्य इलेक्ट्रिकल वर्क करने को कहा। विभाग ने चिट्ठी दी, ठेकेदार ने स्वीकार कर लिया, लेकिन एल ओ आई जारी नहीं हुई और ठेकेदार काम करता रहा। विभाग ने पेमेंट नहीं किया ठेकेदार रोहित अवस्थी ने कहा कि विभाग ने कुछ पेमेंट नहीं किया और मौखिक रूप से काम करने को कहा गया। कोर्ट ने पूछा कि बिना एल ओ आई के क्यों स्वीकार किया, तो कोई ठोस जवाब नहीं दे पाए। उन्होंने बताया कि कंपनी को कल रात ब्लैकलिस्ट कर दिया गया है, इसलिए काम नहीं हो पा रहा। रोहित अवस्थी ने कोर्ट में आश्वासन दिया कि यदि काम करने दिया जाए तो 29.अक्टूबर .2026 तक 2 और लिफ्ट लगा देंगे और बाकी 2 लिफ्ट अगले 15-20 दिन में लगा देंगे। साथ ही केबल बिछाने, फायर एक्सटिंग्विशर और खिड़की के शीशे का काम अगली तारीख तक पूरा कर देंगे। बाहरी दीवारें बारिश से गीली हैं, सूखने पर फाइनल कोट और पेंट कर देंगे। अवस्थी ने कहा कि यदि ब्लैकलिस्टिंग आदेश को स्थगित रखा जाए तो वह काम जारी रखेंगे और 15 दिन में पूरा करने की कोशिश करेंगे। पेमेंट का विवाद वह विभाग से अलग उठाएंगे लेकिन काम नहीं रोकेंगे। ठेकेदार ने जानबूझकर मामला लटकाया एम डी संजीव सिंह ने जवाब में कहा कि ठेकेदार ने जानबूझकर मामला लटकाया है। लगभग पूरा भुगतान हो चुका है, सिर्फ 50 लाख रुपये रिजर्व फंड में रोका गया है, जबकि पूरे प्रोजेक्ट की लागत करीब 30 करोड़ है। विभाग ने ओ टी आई एस कंपनी से संपर्क किया, लेकिन वह भी लिफ्ट सप्लाई की टाइमलाइन नहीं दे पा रही। उन्हें भरोसा नहीं कि ठेकेदार 15 दिन में 2 लिफ्ट भी लगा पाएगा। न्यायमूर्ति रोहित रंजन अग्रवाल ने कहा कि - मैं यह देखकर हैरान हूं कि किस तरह एक वरिष्ठ सरकारी अधिकारी और उसका ठेकेदार खुले कोर्ट में एक-दूसरे पर आरोप-प्रत्यारोप लगा रहे हैं। यह बिल्डिंग पिछले सात साल से बन रही है, जो प्रयागराज शहर के लोगों की चिकित्सा जरूरतों को पूरा करने के लिए है। कोर्ट ने कहा मानीटरिंग हो रही मैं पिछले डेढ़ साल से इस केस की मॉनिटरिंग कर रहा हूं, लेकिन दोनों ने ही राज्य सरकार को इस प्रोजेक्ट को पूरा करने में निराश किया है। यह सिर्फ 200 बेड की बिल्डिंग है जो शहर के बच्चों के इलाज के लिए बननी थी। कोर्ट ने ठेकेदार को एक मौका देते हुए 15 दिन का समय दिया है दो और लिफ्ट लगाने, केबल बिछाने, फायर एक्सटिंग्विशर और खिड़की-शीशे लगाने का काम पूरा करने के लिए। कोर्ट ने 15 दिन के लिए कंपनी का ब्लैक लिस्टिंग आदेश स्थगित कर दिया है। याचिका की सुनवाई 29.अक्टूबर .2026 को दोपहर 2:00 बजे होगी। उस दिन एम डी और ठेकेदार रोहित अवस्थी दोनों कोर्ट में हाजिर रहेंगे और किए गए प्रयासों का हलफनामा दाखिल करेंगे।
बेटियों के नाम दान की जा चुकी जमीन को अपनी संपत्ति बताकर पंजाब नेशनल बैंक (पीएनबी) से 2 करोड़ रुपए का लोन लेने के मामले में आर्थिक अपराध प्रकोष्ठ (ईओडब्ल्यू) ने बिल्डर जीशान अली और उनकी पत्नी नाजनीन अली के खिलाफ केस दर्ज किया है। जांच में सामने आया कि रॉयल हेरिटेज बिल्डर्स कॉलोनाइजर्स के एमडी जीशान अली ने बावड़ियाकलां स्थित व्यावसायिक जमीन 2013 में अपनी तीन बेटियों के नाम हिबानामा कर दी थी। इसके करीब दो साल बाद इसी जमीन को गिरवी रखकर कंपनी के लिए ओवरड्राफ्ट लिमिट मंजूर कराई गई। आरोप है कि बैंक को जमीन के पहले ही बेटियों के नाम हस्तांतरित होने की जानकारी नहीं दी गई। कर्ज की अदायगी नहीं होने पर बैंक ने वसूली की प्रक्रिया शुरू की तो अक्टूबर 2017 में बेटियों के जरिए सिविल कोर्ट में मुकदमा दायर कराया गया। इसमें जमीन पर उनका मालिकाना हक बताते हुए बैंक की ओर से उसे जब्त किए जाने का विरोध किया गया। ईओडब्ल्यू की जांच में इन घटनाक्रमों के आधार पर पति-पत्नी के खिलाफ प्रकरण दर्ज किया गया है। 2008 में खरीदी जमीन, 2013 में बेटियों के नाम की मामले की शुरुआत शादाब गृह निर्माण सहकारी समिति की जमीन से हुई। वर्ष 2007 में समिति की ओर से जारी टेंडर में जीशान अली अकेले बोलीदाता थे। इसके बाद 5 फरवरी 2008 को बावड़ियाकलां की 526.83 वर्गमीटर व्यावसायिक जमीन उनके नाम रजिस्टर्ड हुई। जीशान ने 10 जुलाई 2013 को हिबानामा तैयार कर यह जमीन अपनी तीन बेटियों के नाम कर दी। इनमें से दो उस समय नाबालिग थीं। जांच के मुताबिक, जीशान ने 2018 में बैंक को लिखे पत्र में भी जमीन बेटियों के नाम करने की बात स्वीकार की थी। दान की जमीन पर कंपनी के लिए मंजूर कराई ओवरड्राफ्ट लिमिट हिबानामा होने के बावजूद 24 सितंबर 2015 को रॉयल हेरिटेज बिल्डर्स के नाम 2 करोड़ रुपए की ओवरड्राफ्ट लिमिट मंजूर कराई गई। आरोप है कि बैंक को जमीन के हस्तांतरण की जानकारी नहीं दी गई। लीगल सर्च रिपोर्ट में भी नाबालिग के हित से जुड़े कॉलम में ‘नन’ दर्ज था। इस तरह बैंक के सामने जमीन की स्थिति स्पष्ट नहीं हुई और उसे ऋण के लिए गिरवी रखा गया। जांच में यह तथ्य भी सामने आया कि फरवरी 2015 में जीशान और नाजनीन ने अपनी नाबालिग बेटी के नाम के एक दूसरे प्लॉट को बेचने के लिए जिला अदालत से अनुमति ली थी। ईओडब्ल्यू ने इसे इस बात के संदर्भ में देखा कि दंपती को नाबालिग की संपत्ति से जुड़े कानूनी प्रावधानों की जानकारी थी। लोन एनपीए हुआ तो बैंक की कार्रवाई से पहले दायर किया मुकदमा वर्ष 2017 में कर्ज खाता एनपीए हो गया। बैंक की ओर से 3 जनवरी 2018 को सरफेसी नोटिस जारी किए जाने से पहले ही 4 अक्टूबर 2017 को बेटियों के जरिए सिविल कोर्ट में मुकदमा दायर कर दिया गया था। इसमें दावा किया गया कि जमीन उनकी है और बैंक उसे जब्त नहीं कर सकता। सिविल कोर्ट से दावा खारिज होने के बाद मामला डीआरएटी, इलाहाबाद पहुंचा। बैंक ने वहां दलील दी कि वसूली की कार्रवाई रोकने के लिए मिलीभगत से मुकदमा दायर कराया गया था। डीआरटी ने 8 मार्च 2019 को बैंक के पक्ष में फैसला देते हुए रिकवरी सर्टिफिकेट जारी किया। इसके बावजूद बैंक का 2,07,86,807.48 रुपए बकाया बताया गया है। जीशान की मां का निधन, उन पर कार्रवाई नहीं ईओडब्ल्यू के मुताबिक, कंपनी की डायरेक्टर और गारंटर रहीं जीशान अली की मां का निधन हो चुका है। इसलिए उनके खिलाफ कार्रवाई नहीं की गई। जीशान के खिलाफ पिछले साल दिसंबर में भी धोखाधड़ी से जुड़े मामले दर्ज होने की जानकारी सामने आई थी।
मेरी कोई गलती नहीं है… नितिन गौर नाम के कस्टमर ने सब कुछ किया है, बहुत परेशान हूं… कोई सुनने वाला नहीं है। मेरे मोबाइल का पासवर्ड… है। इसमें सबकुछ सेव है, 7 अक्टूबर से ये सब चल रहा है। पत्नी के वाट्सएप पर यह मैसेज भेजकर बंधन बैंक के मैनेजर 34 वर्षीय अनुराग बाजपेई ने फंदा लगाकर सुसाइड कर लिया। ग्राहक की धोखाधड़ी और शिकायत पर कार्रवाई न होने से परेशान होकर उन्होंने यह आत्मघाती कदम उठाया। सूचना पर पहुंची पुलिस और फोरेंसिक टीम ने जांच-पड़ताल की तो कमरे से सुसाइड नोट और एसीपी बाबूपुरवा को दिया गया एप्लीकेशन मिला। जांच में सामने आया कि मैनेजर ने सुसाइड करने से पहले पत्नी को ग्राहक की धोखधड़ी से परेशान होने की बात मैसेज में लिखी थी। किदवई नगर में 2 साल से अकेले रह रहे थे मूलरूप से उन्नाव के बांगरमऊ निवासी अनुराग बाजपेई गोविंद नगर स्थित बंधन बैंक के गोल्ड लोन विभाग में मैनेजर थे। वह दो साल से किदवई नगर के एम ब्लाक में शैलजा के मकान में किराये पर अकेले रह रहे थे। परिवार में पत्नी दिव्या और तीन बच्चे वैभव, मृत्युंजय व ढाई साल की बेटी देविका हैं। पिता रामचंद्र के मुताबिक, अनुराग उनके 9 बच्चों में छठवें नंबर का था। उसने बुधवार दोपहर 2:52 से 2:56 बजे के बीच पत्नी को मोबाइल पर कई मैसेज भेजे थे, जिसमें लिखा था कि 7 अक्टूबर से मामला चल रहा है। ग्राहक नितिन गौर ने सब कुछ किया है… उनकी कोई गलती नहीं है। उन्होंने यह भी लिखा कि उनकी बात सुनने वाला कोई नहीं है… दिव्या ने 3:10 बजे मैसेज देखकर लिखा–पूरी बात तो बताते नहीं हो… जिसके बाद कोई जवाब नहीं मिला। इसके बाद दिव्या ने परिवार के लोगों को जानकारी देने के साथ बैंक में फोन किया। बैंक का एक कर्मचारी घर पहुंचा तो कमरा अंदर से बंद मिला। आवाज देने पर कोई जवाब नहीं मिला तो उसने दिव्या को सूचना दी। इसके बाद पुलिस को सूचना दी गई। बाबूपुरवा ACP को लिखा प्रार्थना-पत्र भी मिला परिवार के सदस्यों की मौजूदगी में पुलिस ने फोरेंसिक टीम के सामने दरवाजा खुलवाया तो अनुराग का शव पंखे से लटका मिला। जांच के दौरान कमरे से सुसाइड नोट भी बरामद हुआ। वहीं, कमरे से ग्राहक से परेशान होकर एसीपी बाबूपुरवा को दिया गया प्रार्थना पत्र भी मिला है। बाबूपुरवा थानाप्रभारी नीरज ओझा ने बताया कि सुसाइड नोट और परिवार की तहरीर के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है।
काशी हिंदू विश्वविद्यालय के शिक्षा संकाय स्थित डॉ. राजेंद्र प्रसाद छात्रावास में मेस के खाने में कीड़ा मिलने पर बुधवार रात छात्रों का गुस्सा फूट पड़ा। छात्रों ने हॉस्टल की अव्यवस्थाओं के खिलाफ कुलपति आवास के बाहर धरना शुरू कर दिया। छात्रों का आरोप है कि मेस के खाने में कीड़े मिलने की शिकायत पिछले कई दिनों से की जा रही थी, लेकिन वार्डन ने इस पर ध्यान नहीं दिया। बुधवार को दोबारा खाने में कीड़ा मिलने के बाद छात्रों का आक्रोश बढ़ गया। इसके बाद वे कुलपति आवास पहुंचे और धरने पर बैठ गए। देखें 3 तस्वीर… हॉस्टल की सुविधाओं पर भी उठाए सवाल धरने पर बैठे छात्रों ने मेस की गुणवत्ता के साथ हॉस्टल की अन्य व्यवस्थाओं पर भी सवाल उठाए। उनका आरोप है कि छात्रावास में साफ-सफाई की व्यवस्था बेहद खराब है। वहीं, पांच में से तीन वाटर कूलर खराब पड़े हैं, जिससे छात्रों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। छात्रों ने निजता के उल्लंघन का आरोप लगाते हुए कहा कि उनकी गैरमौजूदगी में एडमिन वार्डन उनके कमरों में प्रवेश करते हैं। छात्रों ने इन समस्याओं को गंभीर बताते हुए विश्वविद्यालय प्रशासन से तत्काल कार्रवाई की मांग की। सुरक्षाकर्मियों पर बदसलूकी का आरोप कुलपति आवास के बाहर धरना दे रहे छात्रों ने मौके पर पहुंचे सुरक्षाकर्मियों पर धक्कामुक्की और बदसलूकी करने का भी आरोप लगाया। छात्रों की मांग थी कि विश्वविद्यालय के उच्चाधिकारी मौके पर पहुंचकर उनकी समस्याएं सुनें और समाधान सुनिश्चित करें। मौके पर पुलिस भी पहुंची और छात्रों ने सड़क पर धरना न करने की चेतावनी देने लगी। हालांकि छात्रों ने कोई जवाब न देते हुए कहा कि कुलपति हमारे बातों को सुने।
मध्यप्रदेश में सड़क के साथ औद्योगिक विकास को गति देने की योजना तैयार की जा रही है। इंदौर, भोपाल और जबलपुर को जोड़ने वाले करीब 600 किलोमीटर लंबे प्रस्तावित एक्सप्रेस-वे के आसपास नए औद्योगिक क्षेत्र विकसित करने की तैयारी है। इसके तहत ऐसे स्थान चिह्नित किए जाएंगे, जहां सड़क संपर्क और जमीन की उपलब्धता के आधार पर उद्योग लगाए जा सकें। योजना का उद्देश्य प्रमुख शहरों के बीच आवागमन आसान बनाने के साथ ही नए निवेश और रोजगार के अवसर तैयार करना है। इस परियोजना के लिए अलग स्पेशल पर्पज व्हीकल (एसपीवी) कंपनी बनाने का प्रस्ताव है। यह कंपनी एक्सप्रेस-वे के आसपास औद्योगिक इकाइयों के लिए उपयुक्त जमीन तलाशने और विकास की संभावनाओं का आकलन करने का काम करेगी। प्रस्ताव में कंपनी को जमीन अधिग्रहण से जुड़े अधिकार देने पर भी विचार किया जा सकता है। गुरुवार को होने वाली कैबिनेट बैठक में इस प्रस्ताव पर चर्चा होने की संभावना है। मंजूरी मिलने के बाद औद्योगिक कॉरिडोर के लिए आगे की प्रक्रिया शुरू होगी। एक साल में चिह्नित होंगे औद्योगिक विकास के संभावित स्थल 1. जबलपुर-भोपाल के बीच धर्मपुरा में पार्क जबलपुर और भोपाल के बीच धर्मपुरा में 954 एकड़ जमीन पर मल्टी प्रोडक्ट इंडस्ट्रियल पार्क विकसित किया जा रहा है। इस परियोजना पर 576 करोड़ रुपए खर्च किए जा रहे हैं। धर्मपुरा की दूरी जबलपुर से करीब 40 किलोमीटर, सिवनी से 156 किलोमीटर, नागपुर से 260 किलोमीटर और भोपाल से 297 किलोमीटर बताई गई है। इस पार्क में अलग-अलग तरह के उद्योगों के लिए जमीन उपलब्ध कराने की योजना है। 2. भोपाल-इंदौर मार्ग पर आष्टा में बड़ा औद्योगिक क्षेत्र भोपाल और इंदौर के बीच सीहोर जिले के आष्टा में 8,482 हेक्टेयर यानी करीब 21 हजार एकड़ क्षेत्र में औद्योगिक पार्क प्रस्तावित है। इसके अलावा बढ़ियाखेड़ी और झीलेला में भी औद्योगिक क्षेत्र विकसित करने की योजना है। उपलब्ध जानकारी के मुताबिक, इस क्षेत्र में करीब 6 हजार एकड़ सरकारी जमीन और मध्यप्रदेश औद्योगिक विकास निगम की जमीन है। इसके अतिरिक्त 5 हजार हेक्टेयर निजी जमीन अधिग्रहित करने की योजना है। 3. कैबिनेट की मंजूरी के बाद बनेगी अलग कंपनी उद्योग विभाग एक्सप्रेस-वे के आसपास औद्योगिक विकास के लिए जमीन की उपलब्धता और सड़क संपर्क की संभावनाओं का आकलन कर रहा है। ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट से पहले इस दिशा में तैयारी की जा रही है। कैबिनेट की मंजूरी के बाद प्रस्तावित कंपनी गठित की जाएगी। उसे एक साल के भीतर यह तय करना होगा कि एक्सप्रेस-वे के किन-किन हिस्सों में नए औद्योगिक क्षेत्र विकसित किए जा सकते हैं। इसके बाद संभावित स्थलों के आधार पर आगे की योजना तैयार की जाएगी। सांदीपनि स्कूलों की बसों का किराया तय करने पर भी चर्चा गुरुवार सुबह 11 बजे होने वाली कैबिनेट बैठक में अन्य प्रस्तावों पर भी विचार किया जाएगा। इनमें निवाड़ी, मैहर, मऊगंज और पांढुर्णा में महिला एवं बाल विकास विभाग के कार्यालय खोलने और उनके लिए स्टाफ स्वीकृत करने का प्रस्ताव शामिल है। सांदीपनि स्कूलों की बसों का किराया बढ़ाने पर भी चर्चा हो सकती है। प्रस्ताव के अनुसार, बसों का किराया राज्य स्तर पर तय करने के बजाय कलेक्टर की अध्यक्षता वाली जिला समिति निर्धारित कर सकती है। जानकारी के मुताबिक, प्रदेश के 19 जिलों में बस संचालन के लिए ऑपरेटर नहीं मिलने से करीब डेढ़ लाख बच्चे प्रभावित हो रहे हैं। इसके अलावा विभिन्न विभागों की योजनाओं को 31 मार्च 2031 तक जारी रखने के प्रस्ताव भी कैबिनेट के सामने रखे जा सकते हैं।
इटावा में सैफई थाना तिराहे के पास सोमवार रात हुए सड़क हादसे में घायल दूसरे छात्र की भी मौत हो गई। बुधवार शाम औरैया निवासी अंबुज शुक्ला ने उपचार के दौरान दम तोड़ दिया। इससे पहले बलिया निवासी आकाश गुप्ता की मौत हो गई थी। हादसे में घायल तीसरे छात्र गोंडा निवासी जयकिशन यादव का इलाज चल रहा है। बाइक में डंपर ने मारी थी टक्कर जानकारी के मुताबिक, सोमवार रात करीब 10:30 बजे अंबुज शुक्ला बाइक से अपने दो साथियों आकाश गुप्ता और जयकिशन यादव को लेकर इटावा की तरफ से आ रहे थे। इसी दौरान सैफई थाना तिराहे के पास मैनपुरी की ओर से आ रहे तेज रफ्तार डंपर ने बाइक में टक्कर मार दी। हादसे में तीनों छात्र गंभीर रूप से घायल हो गए। पुलिस ने घायलों को ट्रामा सेंटर पहुंचाया टक्कर के बाद डंपर अनियंत्रित होकर थाने के मुख्य गेट के पास पुलिस अभिरक्षा में खड़े बालू लदे दूसरे डंपर से भी टकरा गया। बताया गया कि हादसे के समय तीनों छात्रों ने हेलमेट नहीं पहना था। मौके पर पहुंचे पुलिसकर्मियों ने घायलों को उत्तर प्रदेश आयुर्विज्ञान विश्वविद्यालय, सैफई के इमरजेंसी ट्रामा सेंटर पहुंचाया। अस्पताल में चिकित्सकों ने बलिया जिले के रसड़ा क्षेत्र के गड़वार थाना अंतर्गत निवासी 21 वर्षीय आकाश गुप्ता पुत्र जय प्रकाश गुप्ता को मृत घोषित कर दिया था। गंभीर रूप से घायल अंबुज शुक्ला पुत्र रविशंकर शुक्ला का उपचार चल रहा था। बुधवार शाम उनकी भी मौत हो गई। हादसे में घायल जयकिशन यादव पुत्र तेज बहादुर सिंह निवासी रानीपुरवा, जिला गोंडा का अस्पताल में उपचार जारी है। उनके परिजन उनकी हालत को लेकर चिंतित हैं एक ही बैच के थे तीनों छात्र तीनों छात्र उत्तर प्रदेश आयुर्विज्ञान विश्वविद्यालय, सैफई के पैरामेडिकल विज्ञान महाविद्यालय में बीएससी नर्सिंग के वर्ष 2022 बैच के विद्यार्थी थे। एक ही बैच के दो छात्रों की मौत से विश्वविद्यालय के विद्यार्थियों और परिचितों में शोक है। दोनों परिवारों में मातम पसरा है।
मेरठ में ट्रैक्टर की टक्कर से बाइक सवार की मौत:साथी घायल, चालक फरार; पुलिस CCTV फुटेज खंगाल रही
मेरठ के हापुड़ रोड पर बुधवार देर रात सड़क हादसे में बाइक सवार युवक की जान चली गई, जबकि उसका साथी गंभीर रूप से घायल हो गया। हादसा लोहियानगर थाना क्षेत्र के नरहेड़ा कट के पास हुआ, जहां तेज रफ्तार ट्रैक्टर ट्रॉली ने बाइक को टक्कर मार दी। दुर्घटना के बाद कार चालक मौके से फरार हो गया। लोहियानगर थाना पुलिस ने घायल को अस्पताल पहुंचाया और मृतक के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। जानकारी के मुताबिक, फफूंडा गांव निवासी मनवीर उर्फ मोनू पुत्र हरिराम अपने साथी उमेश के साथ बाइक से हापुड़ गया था। बुधवार रात दोनों वहां से वापस अपने गांव लौट रहे थे। जब उनकी बाइक नरहेड़ा कट के पास पहुंची, तभी सामने से आई ट्रैक्टर ट्रॉली ने बाइक में जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी तेज थी कि बाइक सवार दोनों युवक सड़क पर गिरकर गंभीर रूप से घायल हो गए। हादसे के बाद मौके पर लोगों की भीड़ जमा हो गई। इसी बीच चालक ट्रैक्टर ट्रॉली लेकर वहां से निकल गया। स्थानीय लोगों ने पुलिस को सूचना दी। जानकारी मिलते ही लोहियानगर थाना प्रभारी सुमित तोमर पुलिस टीम के साथ घटनास्थल पर पहुंचे। पुलिस ने दोनों घायलों को अस्पताल भिजवाया, जहां मनवीर को मृत घोषित कर दिया गया। वहीं, घायल उमेश का जिला अस्पताल में उपचार कराया गया। युवक की मौत की खबर मिलते ही परिवार में मातम छा गया। पुलिस ने परिजनों को घटना की जानकारी देने के बाद शव को मर्चरी भिजवा दिया। सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही पुलिस थाना प्रभारी सुमित तोमर के मुताबिक, हादसे के संबंध में अभी पुलिस को तहरीर नहीं मिली है। दुर्घटना के लिए जिम्मेदार ट्रैक्टर और उसके चालक की पहचान करने के लिए आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है। पुलिस का कहना है कि शिकायत मिलने के बाद मामले में आगे की कार्रवाई की जाएगी।
मेरठ में भाजपा नेता आशीष प्रताप सिंह के बेटे रणविजय की डांडिया पार्टी में हंगामा हो गया। युवतियों पर कमेंट के बाद दो युवकों की पिटाई हुई, जिससे भगदड़ मच गई। हालात संभालने के लिए पुलिस बुलानी पड़ी। हंगामा कर रहे युवक-युवतियों ने पुलिस की भी नहीं सुनी। दो युवकों को इतना पीटा गया कि उनके कपड़े फट गए। इसका वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल है। स्प्लिट्सविला फेम रुरु ठाकुर और डीजे इंसेन के लिए उमड़ी भीड़ यह पार्टी सदर बाजार के ग्रैंड कैसल व्यू में 'रास रेव' नाम से हुई थी। इसमें स्प्लिट्सविला फेम रुरु ठाकुर और डीजे इंसेन भी आए थे। भीड़ काबू करने के लिए बाउंसर थे, पर शराब के नशे में युवकों ने उनकी भी नहीं सुनी, जिससे अव्यवस्था फैल गई। 200 लोगों की बुकिंग में पहुंचे 1200 से ज़्यादा लोग डांस करते समय एक युवक ने युवती पर कमेंट किया। युवती के साथियों ने उसकी पिटाई की। बाउंसर ने उसे भीड़ से बचाकर बाहर निकाला। पार्टी में 200 लोगों की बुकिंग थी, पर 1200 से ज्यादा लोग पहुंच गए थे। आयोजकों ने तीन सेगमेंट में पास बेचे, पहले सेगमेंट में पास 999, दूसरे में 1999 और तीसरे में 2999 रुपए में बेचे गए। जितना महंगा पास खरीदा गया उन्हें उतनी सुविधा दी गई। हालांकि पास की एंट्री को लेकर भी शुरू में हंगामा हुआ था। शराब के नशे में बदतमीजी करने का आरोप जब पार्टी में डांस कर रहे युवक - युवतियों से बात की गई तो उन्होंने बताया कि कुछ युवक शराब के नशे में थे। उन्होंने बदतमीजी करनी शुरू कर दी थी। इसके अलावा डांस करते समय भी अश्लीलता कर रहे थे। उन्हें बाउंसर ने भी समझाने की कोशिश की थी। लेकिन किसी की नहीं सुनी गई। अब ऐसे में बड़ा सवाल यह भी बनता है कि शहर में इतने बड़ा आयोजन हुआ। लेकिन आयोजकों की ओर से सुरक्षा व्यवस्था के कोई इंतजाम नहीं की गए। अराजक तत्व ने खुलेआम अश्लीलता की और मारपीट की गई। ऐसे में कोई बड़ा हादसा हो जाता तो इसका जिम्मेदार कौन होता?
कैकेयी-मंथरा का संवाद...दशरथ की बेबसी...और अयोध्या के राजकुमार राम का वनवास। श्री मौसमगंज रामलीला एवं नाट्य समिति, डालीगंज की रामलीला में बुधवार रात रामायण के इन भावुक प्रसंगों का मंचन किया गया। कलाकारों ने अपने अभिनय से ऐसा माहौल बनाया कि दर्शक भावुक हो उठे। कैकेयी के दो वरदान मांगने से लेकर श्रीराम के वन जाने तक की लीला ने त्याग और धर्म की गहरी तस्वीर सामने रखी। मंचन में मंथरा ने कैकेयी को समझाया कि राम के राजा बनने से भरत का भविष्य बदल जाएगा। मंथरा की बातों में आकर कैकेयी राजा दशरथ से दो वरदान मांग लेती हैं। पहला वरदान भरत को राजगद्दी और दूसरा राम को 14 वर्ष का वनवास। यह सुनकर दशरथ टूट जाते हैं। उनके चेहरे पर बेबसी और आंखों में आंसू देखकर दर्शक भी भावुक हो गए। राम ने पिता के वचन को माना राम को जब वनवास की बात पता चलती है तो उन्होंने बिना किसी विरोध के पिता के वचन को स्वीकार कर लिया। माता सीता और भाई लक्ष्मण भी उनके साथ वन जाने के लिए तैयार हो जाते हैं। राम, सीता और लक्ष्मण के राजसी वस्त्र छोड़कर वनवासी वेश में मंच पर आने का दृश्य बेहद मार्मिक रहा। दर्शकों ने इस प्रसंग को शांत भाव से देखा। केवट की भक्ति ने जीता दर्शकों का मन वनगमन के बाद गंगा तट पर पहुंचने और केवट से भेंट का प्रसंग मंचित किया गया। केवट ने प्रभु श्रीराम को नाव से गंगा पार कराने से पहले उनके चरण पखारने की इच्छा जताई। प्रभु और केवट के बीच संवाद में भक्ति और समर्पण का भाव दिखाई दिया। गंगा पार कराने के बाद केवट का प्रभु श्रीराम के प्रति भावुक समर्पण दर्शकों को खूब पसंद आया। समिति के अध्यक्ष घनश्याम दास अग्रवाल ने बताया कि रामलीला का मंचन रोज रात नौ बजे से मध्यरात्रि तक किया जा रहा है। रामलीला का फेसबुक पेज ‘धर्म जिज्ञासा’ पर भी सीधा प्रसारण किया जा रहा है, ताकि शहर के बाहर रहने वाले श्रद्धालु भी लीला का आनंद ले सकें।
लखनऊ के ऐशबाग रामलीला में बुधवार को रामोत्सव-2026 के चौथे दिन श्रीराम के वनगमन की लीला ने दर्शकों को भावुक कर दिया। राजपाट छोड़कर वन की ओर जाते श्रीराम, सीता और लक्ष्मण का दृश्य देखकर पूरा माहौल भक्तिमय हो गया। इसके बाद निषादराज से मिलन और केवट संवाद ने श्रीराम की भक्ति और सामाजिक समरसता का संदेश दिया। भास्कर नृत्य कला केंद्र कोलकाता के कलाकारों ने श्रीराम वन गमन, निषादराज मिलन, केवट संवाद, सुमंत की अयोध्या वापसी, श्रीराम-महर्षि वाल्मीकि संवाद, श्रवण कुमार कथा, दशरथ देहावसान, कैकेई-भरत संवाद और कैकेई परित्याग की लीलाओं का मंचन किया। केवट ने कहा- प्रभु, भव पार कर देना केवट संवाद रामलीला का खास आकर्षण रहा। श्रीराम से उतराई लेने के बजाय केवट ने भक्तिभाव से कहा- तुम भी केवट, मैं भी केवट, कैसे तुमसे लूं उतराई। कर दीजौ भव पार प्रभु, जब घाट तेहारे अइहौं। केवट की भक्ति देखकर दर्शक भावविभोर हो गए। वहीं पुत्र वियोग में राजा दशरथ की पीड़ा ने लोगों की आंखें नम कर दीं। श्रवण कुमार और उनके माता-पिता की कथा के मंचन ने भी दर्शकों को भावुक किया। रामलीला से पहले सांस्कृतिक मंच पर अनुरूप नृत्य अकादमी के कलाकारों ने शिवाष्टकम, देवी स्तुति, नटरंग उंबा और रामाष्टकम पर प्रस्तुतियां दीं। इसके बाद कॉमर्स स्फेयर एंड डांस स्फेयर के कलाकारों ने स्वाती श्रीवास्तव के निर्देशन में गणेश वंदना और शिव वंदना प्रस्तुत की। समिति के अध्यक्ष हरीशचंद्र अग्रवाल ने बताया कि ऐतिहासिक ऐशबाग रामलीला देखने के लिए रोजाना दर्शकों की संख्या बढ़ रही है। इसे देखते हुए बैठने की अतिरिक्त व्यवस्था की गई है। भरत मिलाप रहेगा मुख्य आकर्षण गुरुवार को पांचवें दिन श्रीराम कुटी निर्माण, भरत का वन प्रस्थान, श्रीराम-भरत मिलन, चरणपादुका लेकर अयोध्या वापसी, भरत का महल त्याग, नंदीग्राम गमन और कैकेई के विलाप की लीलाएं मंचित होंगी।
लखनऊ के महानगर की 61वीं रामलीला का बुधवार को श्री गणेश पूजन और मंगलाचरण के साथ शुभारंभ किया गया । जैसे ही मंच पर भगवान श्रीराम का जन्म हुआ, पंडाल ‘जन्मे राम रघुरय्या, अवध में बाजे बधइया’ के जयघोष से गूंज उठा। श्रद्धालुओं ने तालियों और जय श्रीराम के उद्घोष के साथ राम जन्मोत्सव का स्वागत किया। पहले दिन राम जन्म से लेकर ताड़का वध और अहिल्या उद्धार तक के प्रसंगों ने दर्शकों को भक्ति और रोमांच से जोड़ दिया। रामलीला के पहले दिन दशरथ-वशिष्ठ संवाद से कथा आगे बढ़ी। इसके बाद राम जन्मोत्सव और सीता जन्मोत्सव का मंचन किया गया। भगवान राम के जन्म का दृश्य आते ही पूरा रामलीला प्रांगण भक्तिमय हो गया। मंच पर अयोध्या में उत्सव का माहौल दिखाया गया। इसके बाद दशरथ और विश्वामित्र संवाद ने कथा को आगे बढ़ाया। ताड़का के अट्टहास से सहमा पंडाल ताड़का वध का प्रसंग पहले दिन का सबसे रोमांचक दृश्य रहा। ताड़का के रूप में कृतिका श्रीवास्तव ने दमदार अभिनय किया। भयंकर अट्टहास करते हुए ताड़का ने श्रीराम को ललकारा तो पंडाल तालियों से गूंज उठा। मंच पर मानस की चौपाइयों के बीच ताड़का और श्रीराम का संवाद हुआ हैं। ताड़का ने श्रीराम को चुनौती देते हुए कहा—रे नृप बालक, धनुष चढ़ाई, क्यों तू मेरे सम्मुख आए। इसके बाद श्रीराम ने एक ही बाण से ताड़का का वध कर दिया। ताड़का के धराशायी होते ही पंडाल जय श्रीराम के उद्घोष से गूंज उठा। इसके साथ मुनियों के यज्ञ में आ रही बाधा दूर होने का प्रसंग दिखाया गया। अहिल्या उद्धार से पुष्प वाटिका तक पहुंची लीला इसके बाद अहिल्या उद्धार, विश्वामित्र-जनक संवाद, पुष्प वाटिका और गौरी पूजन के प्रसंगों का मंचन किया गया। समिति के महासचिव हेम पंत ने बताया कि सात दिवसीय रामलीला महोत्सव में रामकथा के प्रमुख प्रसंगों का मंचन किया जाएगा। वही, समिति के पदाधिकारी देवेंद्र मिश्रा ने बताया कि महानगर रामलीला में 15 अक्टूबर को रात 8 बजे धनुष यज्ञ, लक्ष्मण-परशुराम संवाद, कैकई-मंथरा संवाद और कैकई-दशरथ संवाद का मंचन होगा।
मेरठ नीला ड्रम हत्याकांड: मुस्कान रस्तोगी और साहिल शुक्ला को फांसी की सजा
उत्तर प्रदेश के जिला मेरठ के चर्चित सौरभ राजपूत हत्याकांड (नीला ड्रम केस) में बुधवार जिला एवं सत्र न्यायाधीश अरविंद कुमार मिश्रा की अदालत ने दोनों दोषियों—मुस्कान रस्तोगी और उसके प्रेमी साहिल शुक्ला—को मृत्युदंड (फांसी) की सजा सुनाई
लखनऊ एयरपोर्ट पर सीमा शुल्क विभाग ने बुधवार को एक यात्री से 70 लाख 81 हजार 500 रुपए का सोना पकड़ा गया। यात्री शारजाह से इंडिगो की उड़ान संख्या 6ई-1424 से सुबह 7:20 बजे लखनऊ पहुंचा था। जांच के दौरान यात्री के अंडरवियर की कमरबंद में 472.100 ग्राम सोना छिपाकर रखा गया था। अधिकारियों को उसकी गतिविधियों पर शक हुआ, जिसके बाद गहन तलाशी ली गई। पकड़े गए यात्री की पहचान बिहार के गोपालगंज निवासी केदार महतो के रूप में हुई है। सीमा शुल्क विभाग ने सोना जब्त कर लिया है। यात्री को हिरासत में लेकर पूछताछ कर रहा है। जांच जारी है।
संभल में शहर में बुधवार रात 8 बजे भगवान श्रीराम की बारात निकाली गई। बैंड-बाजों, स्वचालित झांकियों और अखाड़ों के साथ निकली बारात में सैकड़ों युवक भजनों पर झूमते नजर आए। देवी-देवताओं और भगवान श्रीराम की झांकियां आकर्षण का केंद्र रहीं। बारात रात करीब 1 बजे कोर्ट पूर्वी स्थित रामलीला मैदान पहुंची, जहां श्रीराम-सीता स्वयंवर के साथ आयोजन संपन्न हुआ। श्रीराम मानस दरबार मंदिर से शुरू हुई बारात श्रीरामलीला कमेटी और नगर हिंदू सभा के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित बारात का शुभारंभ शंकर इंटर कॉलेज चौराहे स्थित श्रीराम मानस दरबार मंदिर में भगवान श्रीराम के पूजन के बाद हुआ। बारात शंकर कॉलेज चौराहा, अस्पताल चौराहा, एजेंट तिराहा, स्टेट बैंक तिराहा, आर्य समाज रोड, मैंथा मंडी, छंगामल कोठी, बाजार गंज, सर्राफा बाजार, कोतवाली, टंडन तिराहा, चक्की का पाट, डाकखाना रोड, जामा मस्जिद रोड, साहनी वाला फाटक और श्रीकल्कि विष्णु मंदिर होते हुए रामलीला मैदान पहुंची। स्वचालित झांकियों और नृत्य ने मोहा मन बारात में भगवान गणेश, शिव, राधा-कृष्ण, मां दुर्गा और हनुमान की झांकियां शामिल रहीं। हनुमान, राधा-कृष्ण की रासलीला और मां काली के तांडव नृत्य की प्रस्तुतियों ने श्रद्धालुओं का मन मोह लिया। कलाकारों ने विभिन्न धार्मिक प्रसंगों का मंचन किया। सुरक्षा के लिए पुलिस-प्रशासन रहा अलर्ट बारात के दौरान शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस-प्रशासन अलर्ट रहा। एसडीएम विकास चंद्र, सिटी मजिस्ट्रेट सुधीर कुमार, सीओ कुलदीप कुमार, एसएचओ मोहित चौधरी और एसओ सौरभ त्यागी ने भ्रमण कर सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया। आयोजन के लिए चार थानों की पुलिस के साथ पीएसी और आरआरएफ तैनात रही। सीसीटीवी कैमरों से भी निगरानी की गई। प्राचीन परंपरा के तहत हुआ स्वयंवर आशु गर्ग ने बताया कि श्रीराम बारात शंकर इंटर कॉलेज से शुरू होकर बाजार और मंदिरों से होते हुए रामलीला मैदान पहुंची। पं. शोभित शास्त्री ने कहा कि नगर भ्रमण के बाद बारात का समापन कोर्ट पूर्वी स्थित रामलीला मैदान में श्रीराम-सीता स्वयंवर के आयोजन के साथ हुआ। नगर हिंदू सभा अध्यक्ष संजय गुप्ता पोली ने भगवान श्रीराम की झांकी और कलाकारों की प्रस्तुतियों की सराहना की। ये लोग रहे शामिल आयोजन में नगर हिंदू सभा अध्यक्ष कमलकांत तिवारी, अनुराग गुप्ता अन्नू, अभिनंदन शर्मा, हिमांशु कश्यप, राहुल शर्मा, अनुज शर्मा, पंकज कुमार भोला, नानू, श्रीओम चंद्रा, अंकित कुमार, हरिशंकर चंद्र, सुशील बॉबी, विशाल कुमार, अभिषेक कुमार और अनिकेत अग्रवाल सहित अन्य लोग मौजूद रहे। देखें 3 फोटो…
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने उत्तर प्रदेश पुलिस सिपाही भर्ती 2025 में पूर्व सैनिकों के एक बड़े वर्ग को राहत देते हुए शारीरिक दक्षता परीक्षा में शामिल होने की अंतरिम अनुमति दे दी है। कोर्ट ने कहा कि सिर्फ इस आधार पर कि पूर्व सैनिक ने अपनी मर्जी से सेना छोड़ी है, उसे भर्ती से बाहर नहीं किया जा सकता। न्यायमूर्ति मनीष कुमार निगम ने गौरव सिंह व चार अन्य की याचिका पर यह आदेश दिया। क्या है मामला जानिये याचियों ने 31.दिसंबर .2025 के विज्ञापन के तहत सिपाही पद के लिए आवेदन किया था। वे पूर्व सैनिक हैं। उन्होंने लिखित परीक्षा व शारीरिक मानक परीक्षण पास कर लिया, लेकिन उन्हें शारीरिक दक्षता परीक्षा में शामिल नहीं किया गया, सिर्फ इस आधार पर कि उन्होंने अपनी खुद के अनुरोध पर सेना से डिस्चार्ज लिया था। कहा कि अपनी मर्जी से रिलीज होने वाले और अन्य कारण से रिलीज होने वाले पूर्व सैनिकों को दो अलग-अलग वर्ग नहीं माना जा सकता, इस आधार पर भेदभाव नहीं किया जा सकता। राज्य से जवाब मांगा कोर्ट ने याचिका विचारणीय माना और राज्य सरकार से चार हफ्ते में जवाब मांगा है। कोर्ट ने निर्देश दिया कि याचियों को भर्ती में शामिल होने की अनुमति दी जाए, हालांकि यह स्पष्ट किया कि केवल पी ई टी में शामिल होने से उन्हें कोई विशेष अधिकार नहीं मिलेगा।
बहराइच के कतर्नियाघाट जंगल में मंगलवार रात एक अधेड़ व्यक्ति का कंकाल मिला। कपड़ों के आधार पर उसकी पहचान मुर्तिहा क्षेत्र के भगड़िया निवासी रामप्रवेश (50) के रूप में हुई। वह करीब डेढ़ महीने से लापता था और मानसिक रूप से बीमार बताया जा रहा है। सूचना मिलने पर वन विभाग और पुलिस की टीम मौके पर पहुंची। जांच के बाद कंकाल को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया। डेढ़ महीने पहले जंगल गया था रामप्रवेश जानकारी के अनुसार, पत्नी के छोड़कर चले जाने के बाद रामप्रवेश अक्सर घर से गायब रहता था। करीब डेढ़ महीने पहले वह जंगल की ओर गया था, लेकिन इसके बाद वापस नहीं लौटा। परिजनों और स्थानीय लोगों को उसकी तलाश थी। झाड़ियों में मिला हड्डियों का ढांचा जंगल का रास्ता खराब होने के कारण इन दिनों लकड़ी बीनने वाले लोग वहां नहीं जा रहे थे। बारिश के बाद कीचड़ सूखने पर कुछ लोग लकड़ी बीनने पहुंचे। इसी दौरान उन्हें झाड़ियों में हड्डियों का ढांचा दिखाई दिया। पास मिले कपड़ों के आधार पर उसकी पहचान रामप्रवेश के रूप में की गई। वन विभाग और पुलिस ने की जांच सूचना मिलने पर रेंजर केके सिंह और कोतवाल यतीन्द्र सिंह पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे। आवश्यक जांच-पड़ताल के बाद कंकाल को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया। कोतवाल के मुताबिक, रामप्रवेश की मौत किसी वन्यजीव के हमले में होने की आशंका है। हालांकि, मौत की वास्तविक वजह पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी।
जिलाधिकारी मेधा रूपम के निर्देश पर नवरात्रों को लेकर खाद्य सुरक्षा विभाग ने ग्रेटर नोएडा में छापेमारी की। अधिकारियों ने दादरी स्थित सिटी मॉल पर छापा मारा। टीम ने 240 लीटर घी सीज किया, जिस पर विटामिन और मिनरल्स होने की भ्रामक जानकारी लिखी थी। 18 किलोग्राम मिर्च पाउडर भी जब्त हुआ, क्योंकि उस पर पैकिंग की तारीख और बैच नंबर नहीं था। विभाग ने जांच के लिए 6 खाद्य पदार्थों के नमूने लिए। इनमें अवतार ब्रांड घी, गाय का घी, मिर्च पाउडर, मखाना, सरसों का तेल और कुट्टू का आटा शामिल हैं। इन्हें प्रयोगशाला भेजा गया। सहायक आयुक्त खाद्य द्वितीय सर्वेश मिश्रा ने बताया कि विक्रेताओं को लाइसेंसधारी सप्लायर से ही सामान खरीदने और बिल लेने के निर्देश दिए गए हैं। मिलावट करने वालों के खिलाफ कार्रवाई जारी रहेगी।
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने सांसद अफजाल अहमद अंसारी उर्फ अफजाल अंसारी के तीन शस्त्र लाइसेंस निरस्त करने के खिलाफ दाखिल अपीलों को खारिज करने वाले अपीलीय आदेशों को रद्द कर दिया है। न्यायमूर्ति सौरभ श्याम शमशेरी ने सांसद के अधिवक्ता उपेंद्र उपाध्याय और सरकारी वकील को सुनने के बाद सभी याचिकाओं का एकसाथ निस्तारण करते हुए मामले को अपीलीय प्राधिकरण (कमिश्नर) के पास पुनर्विचार के लिए वापस भेज दिया है। तीन शस्त्र लाइसेंस हुए निरस्त अफजाल अंसारी के पास तीन शस्त्र लाइसेंस थे। आपराधिक मामलों में संलिप्तता और लोक शांति तथा कानून-व्यवस्था की सुरक्षा का हवाला देते हुए प्रशासन ने अलग-अलग आदेशों से उनके ये शस्त्र लाइसेंस निरस्त कर दिए थे। इसके खिलाफ अपीलों को भी अपीलीय प्राधिकरण ने खारिज कर दिया था। अफजाल ने हाईकोर्ट में चुनौती दी इन फैसलों को चुनौती देते हुए अफजाल अंसारी की ओर से हाईकोर्ट में तीन याचिकाएं दाखिल की गईं। अफजाल अंसारी के अधिवक्ता ने दलील दी कि उत्तर प्रदेश गैंगस्टर एक्ट के तहत उनकी दोषसिद्धि को हाईकोर्ट ने 29 जुलाई 2024 को ही रद्द कर दिया था। लाइसेंस निरस्त करने का मुख्य आधार यही मामला था। इस फैसले की कॉपी कमिश्नर के समक्ष प्रस्तुत करने के बावजूद इसे नजरअंदाज कर तीनों अपील खारिज कर दी गईं। अन्य मामलों पर उन्होंने कहा कि एक मामले में बरी किए जाने के खिलाफ अपील लंबित है, जो लाइसेंस निरस्त करने का आधार नहीं हो सकती जबकि दूसरा मामला आचार संहिता उल्लंघन से जुड़ा है जिसमें कोर्ट ने किसी भी दंडात्मक कार्रवाई पर रोक लगा रखी है। राज्य की ओर से अपर महाधिवक्ता अनूप त्रिवेदी ने विरोध करते हुए कहा कि याची का आचरण सही नहीं है और अन्य आपराधिक मामले भी लंबित हैं। उन्होंने बताया कि वर्ष 2005 के एक गंभीर मामले में याची भले ही बरी हुआ हो लेकिन उसके खिलाफ राज्य सरकार की अपील लंबित है। कोई विवाद नहीं, गैंगस्टर में दोषमुक्त कोर्ट ने कहा कि इसमें कोई विवाद नहीं है कि यूपी गैंगस्टर एक्ट के मामले में हाईकोर्ट से याची दोषमुक्त किया जा चुका है। कोर्ट ने माना कि अपीलीय प्राधिकरण ने सिर्फ इस आधार पर आदेश कर दिए कि दोषसिद्धि के खिलाफ अपील लंबित है, जो टिकने योग्य नहीं है। कोर्ट ने स्पष्ट किया कि अपीलीय प्राधिकरण को इंद्रजीत सिंह बनाम उत्तर प्रदेश राज्य के फैसले के आलोक में दोषमुक्ति की प्रकृति पर विचार करना चाहिए था। आदेशों को रद्द किया गया कोर्ट ने यह भी संज्ञान में लिया कि आर्म्स रूल्स 2016 के तहत अब एक व्यक्ति के पास अधिकतम दो शस्त्र लाइसेंस ही हो सकते हैं। इसी के साथ कोर्ट ने अपीलीय प्राधिकरण के आदेशों को रद्द करते हुए मामले को वापस भेजते हुए अपीलीय प्राधिकरण को निर्देश दिया कि दोषमुक्ति की प्रकृति, अन्य लंबित आपराधिक मामलों और उनके परिणामों को ध्यान में रखते हुए कानून के अनुसार नए सिरे से आदेश करे।
इलाहाबाद-झांसी खंड स्नातक निर्वाचन क्षेत्र के चुनाव को लेकर भाजपा ने अपनी ताकत झोंक दी है। गुरुवार को गवर्नमेंट प्रेस मैदान में होने वाले स्नातक मतदाता सम्मेलन की तैयारियों का जायजा लेने प्रयागराज पहुंचे प्रभारी मंत्री स्वतंत्र देव सिंह ने कार्यकर्ताओं के साथ बैठक कर जीत की रणनीति बनाई। उन्होंने कहा कि स्नातक चुनाव 2027 के विधानसभा चुनाव का सेमीफाइनल है। इसलिए सभी कार्यकर्ता पूरी ताकत से जुट जाएं। मतदाता सम्मेलन को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ संबोधित करेंगे। इसे सफल बनाने के लिए स्वतंत्र देव सिंह ने जिला प्रभारी राकेश त्रिवेदी, एमएलसी अनूप गुप्ता, काशी क्षेत्र उपाध्यक्ष एवं स्नातक चुनाव के सह संयोजक अवधेश चंद्र गुप्ता, जिलाध्यक्ष संजय गुप्ता और अन्य पदाधिकारियों के साथ सभा स्थल का निरीक्षण किया। इस दौरान तैयारियों की समीक्षा की गई और कार्यकर्ताओं को जिम्मेदारियां सौंपने के साथ कार्यक्रम की सफलता की रणनीति बनाई गई। मतदाताओं से लगातार संपर्क करें कार्यकर्ता स्वतंत्र देव सिंह ने कहा कि 23 अक्टूबर को मतदान होना है। पार्टी कार्यकर्ता अधिक से अधिक मतदाताओं को मतदान के लिए प्रेरित करने की योजना तैयार करें। पोलिंग बूथों पर सक्रियता बढ़ाने के साथ स्नातक मतदाताओं से नियमित संपर्क अभियान चलाया जाए। उन्होंने कहा कि सम्मेलन से लेकर मतदान के दिन तक कार्यकर्ताओं को चैन से नहीं बैठना है। सभी मिलकर मेहनत करें, ताकि इलाहाबाद-झांसी खंड स्नातक सीट भाजपा की झोली में आए। महानगर से लेकर गंगापार-यमुनापार तक के जुटेंगे मतदाता भाजपा की ओर से आयोजित सम्मेलन में प्रयागराज महानगर, गंगापार और यमुनापार से बड़ी संख्या में स्नातक मतदाताओं के शामिल होने की तैयारी है। पार्टी का जोर सम्मेलन के जरिए मतदाताओं तक पहुंच बनाने और मतदान के दिन अधिक से अधिक वोट हासिल करने पर है। भाजपा जिला मीडिया प्रमुख विवेक मिश्रा ने बताया कि कार्यक्रम को लेकर तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। बैठक में प्रदेश प्रवक्ता आशीष गुप्ता, शशि वार्ष्णेय, आनंद सोनकर, वंदना सिंह, प्रवक्ता पवन श्रीवास्तव, चंद्रा अहलुवालिया, डॉ. शैलेश पांडेय, विक्रमजीत भदौरिया, राजेंद्र मिश्र, अनिल केसरवानी झल्लर, विजय श्रीवास्तव, दीप द्विवेदी, विश्वास श्रीवास्तव, पार्षद प्रवीण भारतीय, मोहित गुप्ता और सुजीत कुशवाहा समेत अन्य पदाधिकारी व कार्यकर्ता मौजूद रहे।
शराब लदी स्कॉर्पियो की अवैध नीलामी में इंस्पेक्टर सुनील सिंह गिरफ्तार, दारोगा समेत 3 जा चुके हैं जेल
गोपालगंज जिले में शराब केस में जब्त स्कॉर्पियो की अवैध नीलामी में ईओयू ने बड़ा ऐक्शन लिया है। जांच एजेंसी ने तत्कालीन मोटर व्हीकल इंस्पेक्टर (एमवीआई) सुनील सिंह को गिरफ्तार कर लिया है।
मेरठ के सौरभ राजपूत हत्याकांड में दोषी करार दिए गए मुस्कान और साहिल को मृत्युदंड सुनाए जाने के बाद अदालत से लेकर जेल तक घटनाक्रम तेजी से आगे बढ़ा। सजा सुनाए जाने से पहले दोनों को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिये दो बार जिला जज के सामने पेश किया गया। सुबह 10:30 बजे शुरु हुई सुनवाई में मुस्कान ने अपनी दोनों बेटियों के भविष्य का हवाला देकर भावनात्मक अपील की। गोद में एक साल की बच्ची को लेकर अदालत के सामने पहुंची मुस्कान ने अनुरोध किया कि सजा तय करते समय बच्चियों के भविष्य का भी ध्यान रखा जाए। शाम को फिर अदालत के सामने आए दोनोंसुबह की कार्यवाही के बाद सजा सुनाए जाने से पहले शाम को मुस्कान और साहिल को फिर वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिये अदालत के सामने पेश किया गया। इस दौरान मुस्कान की आंखों में आंसू थे और इस बार भी बच्ची उसकी गोद में थी। फर्क इतना था कि माहौल पूरी तरह बदल चुका था। दोनों बैरकों में बढ़ाई गई निगरानी कोर्ट द्वारा फैसला सुनाए जाने के बाद साहिल और मुस्कान को उनकी बैरकों में वापस ले जाया गया। जेल प्रशासन ने उन्हें उनकी बैरकों में कड़ी निगरानी के बीच रखा। मृत्युदंड की घोषणा के बाद जेल परिसर में इस मामले को लेकर हलचल बढ़ गई और अधिकारियों ने आगे की व्यवस्था पर चर्चा शुरू कर दी। काफी देर तक दोनों के पास बंदियों का जमावड़ा लगा रहा। वरिष्ठ जेल अधीक्षक ने बुलाई आपात बैठकसजा सुनाए जाने के बाद वरिष्ठ जेल अधीक्षक डॉ. वीरेश राज शर्मा ने आपात बैठक बुलाई। बैठक में मुस्कान और साहिल से संबंधित जेल व्यवस्था तथा मृत्युदंड के बाद जेल मैनुअल के तहत अपनाई जाने वाली प्रक्रिया पर मंथन किया। जेल प्रशासन के सामने अब दोनों की निगरानी और नियमानुसार आगे की कार्रवाई सुनिश्चित करने की जिम्मेदारी है। सदमे में साहिल मुस्कान, पसरा सन्नाटा जेल सूत्रों के मुताबिक, फैसले के बाद दोनों की बैरकों में सन्नाटा पसरा रहा। दोनों गहरे सदमे में बताए गए और अन्य बंदियों से दूरी बनाए रहे। हालांकि, जेल में उनकी मानसिक स्थिति को लेकर किसी आधिकारिक चिकित्सकीय आकलन की जानकारी सामने नहीं आई है। यह होगी अब आगे की प्रक्रिया वरिष्ठ अधिवक्ता वीके शर्मा बताते हैं कि मृत्युदंड का फैसला आने के बाद भी कानूनी प्रक्रिया समाप्त नहीं होती। ऐसे मामलों में दोषियों को कानून के अनुसार उच्च न्यायालय में अपील और अन्य उपलब्ध कानूनी उपाय अपनाने का अवसर मिलता है। मृत्युदंड पर अमल से पहले संबंधित न्यायिक प्रक्रिया और आवश्यक मंजूरियां पूरी होना जरूरी है।
डायरेक्टरेट ऑफ रेवेन्यू इंटेलिजेंस (डीआरआई) की भोपाल यूनिट ने बुधवार तड़के आईएसबीटी पर कार्रवाई कर एक महिला यात्री से 2 किलो 604 ग्राम मेथामफेटामाइन जब्त की है। अंतरराष्ट्रीय ब्लैक मार्केट में इसकी कीमत करीब 2.08 करोड़ रुपए आंकी गई है। महिला दिल्ली से बेंगलुरु जा रही एक स्लीपर बस में सवार थी और मादक पदार्थ को अपने बैकपैक और पर्स की अंदरूनी अस्तर में बनी गुप्त जेबों में छिपाकर ले जा रही थी। डीआरआई ने महिला को गिरफ्तार कर उसके खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत कार्रवाई की है। दिल्ली से मिला था इनपुट, आईएसबीटी पर तलाशी डीआरआई अधिकारियों को सूचना मिली थी कि दिल्ली से बेंगलुरु जा रही बस में एक महिला यात्री बड़ी मात्रा में प्रतिबंधित मादक पदार्थ लेकर सफर कर रही है। इस इनपुट के आधार पर अधिकारियों ने भोपाल के आईएसबीटी पर निगरानी शुरू की। बुधवार तड़के बस के पहुंचते ही टीम ने महिला को सामान सहित नीचे उतारा और तलाशी ली। इस दौरान उसके बैग और पर्स में ड्रग्स छिपाने के लिए बनाई गई गुप्त जेबों का पता चला। बैग से 1.885 किलो, पर्स से 719 ग्राम ड्रग्स मिली तलाशी में बैकपैक की अंदरूनी गुप्त जेब से चांदी के रंग के प्लास्टिक पैकेट में 1 किलो 885 ग्राम संदिग्ध मादक पदार्थ मिला। वहीं, लेडीज पर्स की अस्तर में बनी गुप्त जेब से 719 ग्राम पदार्थ बरामद हुआ। दोनों पैकेट का कुल वजन 2 किलो 604 ग्राम निकला। डीआरआई की एनडीपीएस फील्ड टेस्ट किट से जांच करने पर पदार्थ के मेथामफेटामाइन होने की पुष्टि हुई। बेंगलुरु में किसे देनी थी डिलीवरी, जांच जारी डीआरआई की टीम महिला से पूछताछ कर यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि मादक पदार्थ उसे कहां से मिला और बेंगलुरु में इसकी डिलीवरी किसे दी जानी थी। अधिकारी तस्करी के नेटवर्क और इससे जुड़े अन्य लोगों की भूमिका की भी जांच कर रहे हैं। ये खबर भी पढ़ें… भोपाल में पकड़ाई 3.5 करोड़ की 4.38 KG ड्रग भोपाल में राजस्व खुफिया निदेशालय (DRI) ने 4.38 किलो एम्फेटामाइन जब्त की है। जिसकी अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमत करीब 3.5 करोड़ रुपए बताई गई है। इस दौरान एक नाइजीरियाई महिला समेत दो ड्रग तस्करों को गिरफ्तार किया गया है। यह कार्रवाई 23 और 24 सितंबर को लगातार भोपाल और रानी कमलापति रेलवे स्टेशन पर की गई है।पूरी खबर पढ़ें
डीएलएड द्वितीय सेमेस्टर की परीक्षा बुधवार को प्रदेश के 213 केंद्रों पर हुई। परीक्षा में हिंदी की तुलना में अंग्रेजी विषय में अभ्यर्थियों की उपस्थिति 7.54 प्रतिशत अंक अधिक रही। पहली पाली में हिंदी की परीक्षा में 82.94 प्रतिशत, जबकि दूसरी पाली में अंग्रेजी की परीक्षा में 90.48 प्रतिशत अभ्यर्थी उपस्थित रहे। परीक्षा नियामक प्राधिकारी (पीएनपी) प्रयागराज की ओर से जारी सूचना के अनुसार, परीक्षा के लिए कुल 74,500 अभ्यर्थी पंजीकृत थे। पीएनपी के सचिव राजेंद्र प्रताप ने बताया कि पहली पाली में सुबह 10 से 11 बजे तक हिंदी विषय की परीक्षा आयोजित की गई। इसमें करीब 61,790 अभ्यर्थी उपस्थित रहे, जबकि लगभग 12,710 अभ्यर्थी अनुपस्थित रहे। वहीं, दूसरी पाली में सुबह 11:30 से दोपहर 12:30 बजे तक अंग्रेजी विषय की परीक्षा हुई। इसमें करीब 67,408 अभ्यर्थियों ने परीक्षा दी और लगभग 7,092 अभ्यर्थी अनुपस्थित रहे। दोनों विषयों की परीक्षा में उपस्थिति के आंकड़ों में अंतर रहा। अंग्रेजी की परीक्षा में हिंदी के मुकाबले करीब 5,618 अभ्यर्थी अधिक उपस्थित रहे। प्रतिशत के लिहाज से भी अंग्रेजी में उपस्थिति अधिक दर्ज की गई। हिंदी की परीक्षा में लगभग 17.06 प्रतिशत अभ्यर्थी अनुपस्थित रहे, जबकि अंग्रेजी में अनुपस्थिति का प्रतिशत करीब 9.52 रहा। परीक्षा नियामक प्राधिकारी कार्यालय के अनुसार, प्रदेश के सभी निर्धारित 213 परीक्षा केंद्रों से प्राप्त सूचना के आधार पर डीएलएड द्वितीय सेमेस्टर की परीक्षा सकुशल संपन्न हुई।
कांग्रेस अपने दम पर नहीं लड़ सकती, अमेठी में स्मृति ईरानी ने सपा को भी लिया निशाने पर
पूर्व केंद्रीय मंत्री व भाजपा की राष्ट्रीय महामंत्री स्मृति ईरानी ने अमेठी मे कार्यक्रम में कांग्रेस पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि कांग्रेस अपने दम पर नहीं लड़ सकती है। उन्होंने सपा को भी निशाने पर लिया।
हरदोई में बुधवार रात करीब 9 बजे कार पार्किंग को लेकर दो पड़ोसी परिवारों में विवाद हो गया। आरोप है कि पड़ोसी गौरव कपूर ने अपनी लाइसेंसी पिस्टल से चार राउंड फायरिंग की। इसके बाद पिस्टल पकड़ने की कोशिश के दौरान चली गोली बुजुर्ग प्रकाश चंद्र रस्तोगी की दाहिनी हथेली को चीरते हुए निकल गई। घायल को मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया है। मामला शहर कोतवाली क्षेत्र का है। सुबह कार खड़ी करने को लेकर हुआ था विवाद अशराफ टोला मोहल्ले निवासी प्रकाश चंद्र रस्तोगी ने बताया- बुधवार सुबह उनके रिश्तेदार कार से घर आए थे। उन्होंने घर के बाहर कार खड़ी की थी। आरोप है कि इस बात पर पड़ोसी अशोक कपूर ने कार का साइड मिरर तोड़ने की कोशिश की। इस पर प्रकाश चंद्र के भतीजों आशीष, मनीष और अवि रस्तोगी ने विरोध किया। उस समय दोनों पक्षों के बीच विवाद शांत हो गया था। शाम को फिर हुई कहासुनी, फायरिंग का आरोप आरोप है कि बुधवार शाम को कार पार्किंग की बात पर दोनों पक्षों में फिर कहासुनी शुरू हो गई। इसके बाद गौरव कपूर और उसके पिता अशोक कपूर घर से बाहर आ गए। प्रकाश चंद्र रस्तोगी के मुताबिक, गौरव ने लाइसेंसी पिस्टल निकालकर लगातार चार फायर किए। इससे मोहल्ले में अफरा-तफरी मच गई। पिस्टल पकड़ने की कोशिश में चली गोली प्रकाश चंद्र रस्तोगी ने बताया कि उन्होंने गौरव की पिस्टल पकड़ने की कोशिश की। इसी दौरान गोली चल गई और उनकी दाहिनी हथेली को चीरते हुए दूसरी तरफ निकल गई। परिजन उन्हें तत्काल मेडिकल कॉलेज ले गए, जहां उनका उपचार चल रहा है। आरोपी गिरफ्तार, पिस्टल बरामद घटना की सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने गौरव कपूर को गिरफ्तार कर उसकी लाइसेंसी पिस्टल बरामद कर ली है। पुलिस का कहना है कि मामले में फायरिंग और विवाद से जुड़े सभी तथ्यों की जांच की जा रही है।
कौन हैं डॉ.सरोजनी अग्रवाल, जिनकी संस्थाओं ने आजम की जौहर यूनिवर्सिटी को दिए करोड़ों रुपए दान
ईडी की विस्तृत जांच रिपोर्ट में डॉ.सरोजनी अग्रवाल और उनके पति डा.ओपी अग्रवाल की संस्थाओं द्वारा दिए गए 6.23 करोड़ रुपये के दान को 'गैर-वास्तविक' करार दिया गया है, जिससे राजनीतिक और प्रशासनिक हलकों में हलचल तेज हो गई है। हालांकि डा.ओपी अग्रवाल का कहना है कि नियमानुसार डोनेशन दिया गया है।
आईआईटी कानपुर ने अपने शोध, तकनीक और उद्यमिता को नई ऊंचाई देने के लिए एक अरब अमेरिकी डॉलर (करीब 8800 करोड़) जुटाने का लक्ष्य रखा है। ‘ग्रेटर दैन अस’ नाम से शुरू किया गया यह अभियान किसी भी आईआईटी का अब तक का सबसे बड़ा धन-संग्रह अभियान है। खास बात यह है कि मार्च 2029 तक निर्धारित लक्ष्य के मुकाबले 4,155 करोड़ रुपए की प्रतिबद्धता पहले ही मिल चुकी है। रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने नई दिल्ली के भारत मंडपम में अभियान का शुभारंभ किया। तकनीक और युवा प्रतिभाओं का निवेश आईआईटी कानपुर के निदेशक प्रो. मणींद्र अग्रवाल ने कहा कि यह अभियान सिर्फ संस्थान के विस्तार तक सीमित नहीं है, बल्कि देश के भविष्य की तकनीकों और युवा प्रतिभाओं में निवेश है। भारत को आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, सेमीकंडक्टर और अन्य उभरती तकनीकों के लिए दूसरे देशों पर निर्भर नहीं रहना चाहिए। इसके लिए अत्याधुनिक प्रयोगशालाओं, शोधकर्ताओं और तकनीक आधारित स्टार्टअप को मजबूत करना जरूरी है। राहुल गौतम देंगे 180 करोड़, नोएडा में बनेगा उद्यमिता स्कूल अभियान के शुभारंभ पर आईआईटी कानपुर ने पूर्व छात्र राहुल गौतम के साथ समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किए। गौतम ने संस्थान के नोएडा परिसर में गौतम स्कूल ऑफ इनोवेशन एंड एंटरप्रेन्योरशिप (जी-साइन) की स्थापना के लिए 180 करोड़ रुपए देने की प्रतिबद्धता जताई है। यहां आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, साइबर सुरक्षा, डिजिटल हेल्थ, बायोटेक्नोलॉजी, ड्रोन और एडवांस्ड मैन्युफैक्चरिंग जैसे क्षेत्रों में उद्यमी तैयार किए जाएंगे। स्कूल में पूर्णकालिक फैकल्टी और डिग्री प्रोग्राम होंगे। जुलाई 2027 से टेक्नोलॉजी एंड एंटरप्रेन्योरशिप में एमबीए शुरू करने की योजना है। नोएडा परिसर में प्रस्तावित डीप-टेक हब और संस्थान के स्टार्टअप इनोवेशन एंड इन्क्यूबेशन सेंटर (एसआईआईसी) की मदद से विद्यार्थियों को शोध को उत्पादों और कंपनियों में बदलने का अवसर मिलेगा। एसआईआईसी अब तक 571 स्टार्टअप को इनक्यूबेट कर चुका है। तीन हिस्सों में खर्च होगी जुटाई गई रकम अभियान को फाउंडेशन, टैलेंट और फ्रंटियर तीन स्तंभों में बांटा गया है। फाउंडेशन के लिए 5,000 करोड़ का लक्ष्य रखा गया है। इसके तहत 524 करोड़ की केंद्रीय अनुसंधान सुविधा, 160 करोड़ का सेमीकंडक्टर एवं डिवाइस प्रोसेसिंग केंद्र और 200 करोड़ की हाई-परफॉर्मेंस कंप्यूटिंग सुविधा विकसित की जाएगी। परिसर में चार नए छात्रावास भी बनाए जा रहे हैं, जिनमें प्रत्येक की क्षमता एक हजार विद्यार्थियों की होगी। पहला छात्रावास जून 2027 तक तैयार होने की उम्मीद है। इसके अलावा 96 संकाय आवास और मानसिक स्वास्थ्य एवं कल्याण केंद्र भी विकसित किए जा रहे हैं। टैलेंट स्तंभ के लिए 3,000 करोड़ निर्धारित किए गए हैं। इसके तहत छात्रवृत्ति, डॉक्टरेट फेलोशिप, फैकल्टी चेयर, युवा संकाय फेलोशिप और अंतरराष्ट्रीय विजिटिंग फैकल्टी कार्यक्रमों को बढ़ावा दिया जाएगा। संस्थान का उद्देश्य प्रतिभाशाली विद्यार्थियों और शोधकर्ताओं को आर्थिक सहायता के साथ बेहतर शोध एवं उद्यमिता के अवसर उपलब्ध कराना है। फ्रंटियर के लिए 1,000 करोड़ का लक्ष्य, प्रतिबद्धता 1,556 करोड़ फ्रंटियर स्तंभ के तहत बुनियादी शोध को व्यावहारिक उपयोग से जोड़ने के लिए 1,000 करोड़ जुटाने का लक्ष्य था, जिसके मुकाबले 1,556 करोड़ की प्रतिबद्धता मिल चुकी है। इस क्षेत्र में क्वांटम प्रौद्योगिकी, साइबर सुरक्षा, सेमीकंडक्टर, ड्रोन, मेडिकल टेक्नोलॉजी और सस्टेनेबिलिटी पर काम होगा। प्रस्तावित क्वांटम प्रौद्योगिकी केंद्र में हार्डवेयर और सॉफ्टवेयर का विकास एक ही स्थान पर करने की परिकल्पना है। सेमीकंडक्टर पैकेजिंग केंद्र, चिकित्सा उपकरणों के प्रोटोटाइप और परीक्षण की सुविधा तथा कैंसर, मेटाबॉलिक और न्यूरोडीजेनेरेटिव बीमारियों के उपचार से जुड़ा ड्रग डिस्कवरी कार्यक्रम भी विकसित किया जाएगा।
शारदीय नवरात्र में काशी में गरबा और डांडिया की धूम मची है। भक्ति गीतों की धुन पर युवक-युवतियां डांडिया डांस कर रहे हैं। वहीं, वाराणसी में एक गरबा आयोजन के दौरान प्रवेश को लेकर विशेष नियम लागू किए गए। आयोजकों ने प्रवेश से पहले युवक-युवतियों के आधार कार्ड की जांच की। इसके साथ ही तिलक लगाकर और हाथ पर मोहर लगाने के बाद ही लोगों को कार्यक्रम में प्रवेश दिया गया। देखें तस्वीर… आधार चेक कर लगाया तिलकगरबा आयोजक एवं पूर्वांचल मेला व्यापार की अध्यक्ष सरिता सिंह ने बताया कि कार्यक्रम में प्रवेश देने से पहले प्रत्येक व्यक्ति का आधार कार्ड चेक किया गया। आयोजक के अनुसार, गरबा हिंदू परंपरा से जुड़ा आयोजन है, इसलिए उन्होंने पहचान की जांच के बाद ही लोगों को प्रवेश दिया। बिना आधार कार्ड और मोहर के किसी को भी अंदर जाने की अनुमति नहीं दी गई। उन्होंने बताया कि प्रवेश द्वार पर लोगों का तिलक लगाकर स्वागत भी किया गया। आयोजन में महिलाओं और युवतियों में खासा उत्साह देखने को मिला। भक्ति गीतों पर युवक-युवतियों ने डांडिया खेलकर नवरात्र का उत्सव मनाया। 15 साल से हो रहा आयोजनसरिता सिंह ने बताया कि उनके यहां पिछले 15 वर्षों से गरबा कार्यक्रम का आयोजन किया जा रहा है। हर साल महिलाएं और युवतियां इस आयोजन का इंतजार करती हैं। इस बार भी कार्यक्रम में उत्साह का माहौल रहा।
बाड़मेर जिले की 37 पंचायत समिति सदस्यों की ओर से भरे गए नामांकन पत्रों की बुधवार को जांच की गई। इसमें एक बीजेपी और दो कांग्रेस प्रत्याशियों के नामांकन पत्र खारिज हुए। अब 146 प्रत्याशी के नामांकन सही पाए गए। 55 नामांकन पत्र खारिज हुए। इसमें बीजेपी छोड़कर कांग्रेस में शामिल हुए पूर्व सरपंच हेमाराम चौधरी का भी नामांकन खारिज हो गया। चौधरी ने जिला परिषद की 6 नंबर सीट से पर्चा भरा था। दरअसल, बाड़मेर जिला परिषद की 37 सीटों के लिए नामांकन प्रक्रिया पूरी हो चुकी है। कुल 191 उम्मीदवारों ने 212 नामांकन पत्र दाखिल किए हैं। नामांकन के आखिरी दिन जबरदस्त गहमागहमी रही, जिसमें 140 प्रत्याशियों ने 155 पर्चे भरे। वार्ड संख्या 4 में बीजेपी प्रत्याशी का नाम खारिज हुआ। वहीं कांग्रेस के वार्ड संख्या 6 से हेमाराम चौधरी और वार्ड संख्या 35 से आवड़दान का पर्चा खारिज हुआ है। अब इन तीनों सीटों पर आरएलपी से मुकाबला होगा। एडीएम रविंद्र कुमार ने बताया- जिला परिषद सदस्य के लि हमारे पास 212 नोमिनेशन आए थे। इन नामांकन पत्रों की जांच की गई तो 55 प्रत्याशियों के नामांकन खारिज हुए है। इसमें कुछ प्रत्याशियों के प्रस्तावक सही नहीं थे। कुछ लोागें के फॉर्म डबल थे। इस वजह से कुछ नॉमिनेशन क्लब भी हुए है। समीक्षा के बाद प्रत्याशी बचते है। अब 146 प्रत्याशी है। तीन नामांकन पत्र हुए खारिज उप जिला निर्वाचन अधिकारी ने कहा- राष्ट्रीय पार्टियों के नामिनेशन खूब थे। लेकिन मान्यता प्राप्त पार्टियों से सिंबल मिले है। उनमें से तीन नामांकन खारिज हुए है। इसमें एक वार्ड संख्या 4 बीजेपी का नॉमिनेशन, वार्ड संख्या 6 और 35 से कांग्रेस का नामांकन खारिज हुआ है। अलग-अलग कमियां थी। वार्ड संख्या 4 में आरक्षित वार्ड है उसमें ओबीसी सर्टिफिकेट नहीं था। बकाया हमने नोटिस भी दिया था लेकिन आज जमा नहीं हुआ। वार्ड संख्या 6 के प्रत्याशी हेमाराम का सरपंच प्रशासक पद से इस्तीफा नहीं था। सामने प्रत्याशी ने ऑब्जेक्शन दिया था। वार्ड 35 में पार्टी का नाम सहीं नहीं लिखा था। इस वजह से खारिज हुए है।
सिवनी जिले के कुरई थाना क्षेत्र में नेशनल हाईवे-44 पर बुधवार रात नागपुर से सिवनी की ओर जा रहा एक तेज रफ्तार कंटेनर मेडिकल दुकान की दीवार तोड़कर अंदर जा घुसा। हादसे में दुकान की दीवार को काफी नुकसान पहुंचा है, लेकिन गनीमत यह रही कि उस वक्त दुकान के सामने कोई ग्राहक या राहगीर मौजूद नहीं था। हादसा होते ही मौके पर तेज आवाज के साथ हड़कंप मच गया और कुछ देर के लिए आसपास के लोगों में अफरा-तफरी का माहौल बन गया। जानकारी के मुताबिक, कंटेनर नागपुर की दिशा से सिवनी की ओर आ रहा था। तभी नेशनल हाईवे-44 पर कुरई इलाके में अचानक ड्राइवर का गाड़ी से नियंत्रण हट गया और अनियंत्रित कंटेनर सीधे मेडिकल स्टोर में जा घुसा। टक्कर इतनी भीषण थी कि दुकान की दीवार पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई। आमतौर पर इस मेडिकल दुकान के सामने दवा खरीदने वालों और स्थानीय लोगों की आवाजाही बनी रहती है। जिस वक्त यह हादसा हुआ, उस समय वहां कोई खड़ा नहीं था, जिससे किसी तरह की जनहानि नहीं हुई। अगर दुकान के बाहर लोग मौजूद होते, तो यह घटना एक बड़े हादसे का रूप ले सकती थी। हाईवे पर लापरवाही बन रही हादसों की वजह नेशनल हाईवे-44 सिवनी को नागपुर और अन्य बड़े शहरों से जोड़ने वाली मुख्य सड़क है, जिस पर दिन-रात भारी मालवाहक वाहनों का दबाव रहता है। आबादी वाले इलाकों और बाजारों के पास रफ्तार पर काबू न रखना हर वक्त हादसों को न्योता देता है। कंटेनर का संतुलन अचानक कैसे बिगड़ा, इसके सही कारणों का आधिकारिक खुलासा अभी नहीं हो सका है। कुरई थाना पुलिस मामले की जांच कर रही है, जिसके बाद ही हादसे की असली वजह साफ हो पाएगी।
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने सांसद अफजाल अहमद अंसारी उर्फ अफजाल अंसारी के तीन शस्त्र लाइसेंस निरस्त करने के खिलाफ दाखिल अपीलों को खारिज करने वाले अपीलीय आदेशों को रद्द कर दिया है।
लखनऊ के करोड़पति कारोबारी शिवा शर्मा की हत्यारोपी मॉडल श्रद्धा दुबे का एक वीडियो सामने आया है। बुधवार रात जारी इस वीडियो में वह कह रही है- मैं कहीं भागी नहीं हूं। शिवा शर्मा की हत्या नहीं हुई, वह फ्लैट से कूदा था। वह एक सुसाइड था। मेरी आप सभी से रिक्वेस्ट है, प्लीज मेरे नाम को ऐसे नहीं उछालिए। आप लोगों ने मेरा नाम कई नेताओं और अफसरों से जोड़ा है। मेरा नाम हर किसी के साथ मत जोड़िए। अगर वो मेरे इंस्टाग्राम से जुड़ा है, तो आप मेरे बारे में ऐसी अफवाह न फैलाइए। बोली- पुलिस के सामने आकर बयान देना चाहती हूं वीडियो में श्रद्धा कह रही है- मैं किसी को नहीं जानती हूं। मैं कहीं गायब नहीं हूं। मैं पुलिस के सामने आकर बयान देना चाहती हूं। मैं उन्हें सब कुछ सच सच बताना चाहती हूं। प्लीज, मेरी रिक्वेस्ट है कि किसी लड़की के बारे में बोलने से पहले 10 बारे सोचिए। शिवा शर्मा कांड से रिलेटेड जो सच है, उसकी कोई हत्या नहीं हुई थी। वो एक सुसाइड था। मेरी कंडीशन देखिए। मैं आप लोगों से बताने वाली थी, लेकिन मेरी कंडीशन देखिए। मैं फिजिकली फिट नहीं हूं। प्लीज निवेदन है कि मेरा नाम बड़े अधिकारी या नेता से न जोड़िए। मॉडल श्रद्धा दुबे के नेपाल भागने की बात कही जा रही है। 13 अक्टूबर को पुलिस ने श्रद्धा दुबे, बहन रश्मि दुबे और ड्राइवर तनवीर अली उर्फ दानिश पर 25-25 हजार का इनाम घोषित किया था। बता दें, 9 अक्टूबर को लखनऊ के अवध ग्रीन अपार्टमेंट की चौथी मंजिल से गिरकर करोड़पति कारोबारी शिवा शर्मा की मौत हो गई थी। दिन में श्रद्धा की कार नेपाल बॉर्डर पर मिली थी बुधवार को दिन में श्रद्धा की स्कॉर्पियो-एन कार बहराइच के रुपईडीहा में मिली। दरअसल, दैनिक भास्कर ने 12 अक्टूबर को ही बता दिया था कि श्रद्धा अपने पुराने दोस्त आमिर के साथ नेपाल भाग गई है। उसे आमिर ने नेपाल बॉर्डर तक पहुंचाया। आमिर केजीएमयू ट्रॉमा सेंटर से श्रद्धा और उसकी बहन रश्मि को स्विफ्ट कार से लेकर निकला था। रास्ते में कहीं से श्रद्धा ने आमिर की कार छोड़ अपनी स्कॉर्पियो ले ली थी। आमिर ने दोनों को बहराइच के रुपईडीहा में छोड़ा था। यह जगह नेपाल बॉर्डर पर है। शिवा को चैट पर कहा था- तुम्हारे साथ बुरा ही होगा इस बीच श्रद्धा की शिवा के साथ की गई चैट भी सामने आई है। इसमें श्रद्धा ने शिवा से कहा था कि तुम्हारे साथ बुरा ही होगा। अब तक की जांच में पता चला है कि श्रद्धा 16 अक्टूबर से शुरू होने वाले लखनऊ के सबसे बड़े डांडिया फेस्ट में VVIP गेस्ट बनाई गई थी। साथ ही पता चला है कि श्रद्धा ब्लैकमेलिंग का टारगेट पूरा करने के बाद मोबाइल नंबर बदल लेती थी। अब तक वह 4 नंबर बदल चुकी है। वहीं, शिवा के घरवालों का आरोप है कि रसूख के चलते श्रद्धा, उसकी बहन रश्मि और उसके ड्राइवर दानिश की गिरफ्तारी नहीं हो रही है। शिवा की मां रंजना ने कहा कि सबसे पहले आरोपियों की गिरफ्तारी होनी चाहिए। इसके बिना उन्हें कुछ भी मंजूर नहीं है। हम पुलिस के लगातार संपर्क में हैं। जांच में सहयोग कर रहे हैं। स्नैपचैट पर श्रद्धा ने शिवा से कहा था- ‘दिल से बद्दुआ’; हू-ब-हू पढ़िए श्रद्धा: सीरियसली, दिल से बद्दुआ है तुम्हारे लिए। जैसे तुमने मेरा इस्तेमाल करके अपना व्यवहार बदल दिया न… वैसे ही तुम्हारे साथ कुछ ऐसा हो कि किसी का इस्तेमाल करने लायक न रह जाओ। पहले तो कॉल कर-करके पीछे पड़े रहते थे। अब क्या हो गया, कैंसर हो गया क्या तुम्हें या कि मरने वाले हो? शिवा: यार, कोई व्यवहार चेंज नहीं हुआ है और न तो प्यार कम हुआ है। श्रद्धा: देखना शिवा, जितना मैं इरिटेट (चिड़चिड़ी) हो रही हूं न…। शिवा: बस मेरे साथ कुछ प्रॉब्लम चल रही है। श्रद्धा: सच में कुछ बुरा ही होगा तुम्हारे साथ। शिवा : बस कुछ मेरे साथ प्रॉब्लम चल रही है। श्रद्धा: क्या प्रॉब्लम चल रही है? (यहीं ये चैट खत्म हो जाती है।) विधायक ने श्रद्धा को भतीजी बताया था सूत्रों के मुताबिक, जनवरी- 2026 को लखनऊ के हजरतगंज थाने में श्रद्धा ने अपने ड्राइवर रिजवान के खिलाफ छेड़खानी का आरोप लगाया था। मामले में पुलिस ने छेड़खानी समेत अन्य धाराओं में मुकदमा भी दर्ज किया था। इस दौरान प्रयागराज जिले के एक विधायक ने श्रद्धा को अपनी भतीजी बताकर उसकी पैरवी की थी। अब पढ़िए पूरा मामला क्या है… 9 अक्टूबर को हजरतगंज स्थित अवध ग्रीन अपार्टमेंट की चौथी मंजिल से गिरकर शिवा शर्मा की मौत हो गई थी। शिवा पिछले 4 महीने से श्रद्धा के साथ लिव-इन में रह रहा था। घटना के बाद उसकी बॉडी पर सिर्फ अंडरवियर था। चेहरे पर लिपस्टिक लगी हुई थी। शरीर पर कई जगह सिगरेट से जलाने के निशान भी मिले थे। शिवा की मां रंजना शर्मा ने उसकी मौत के मामले में श्रद्धा, उसकी बहन रश्मि, ड्राइवर आदिल समेत 5 लोगों के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज कराया है। आरोप है कि श्रद्धा ने ही शिवा को चौथी मंजिल से धक्का दिया था। हजरतगंज थाना प्रभारी विक्रम सिंह ने कहा- पुलिस टीमें लगाई गई हैं। जल्द आरोपियों की गिरफ्तारी की जाएगी। ------------------------- यह खबर भी पढ़िए- लखनऊ की मॉडल श्रद्धा की स्कॉर्पियो नेपाल बॉर्डर पर मिली : कारोबारी शिवा को चैट पर लिखा था- तुम्हारे साथ बुरा ही होगा लखनऊ में 28 साल के कारोबारी शिवा शर्मा की हत्या में वॉन्टेड मॉडल श्रद्धा दुबे 5 दिन बाद भी पुलिस की गिरफ्त से दूर है। उसकी कार बुधवार को नेपाल बॉर्डर पर मिली। उसकी लोकेशन भी नेपाल में ट्रेस हुई। वह नेपाल के महीमनगर में घूमती भी दिखी है। इसके बाद पुलिस की 3 टीमें वहां रवाना हो गई हैं। (पूरी खबर पढ़िए)
बागपत में भारतीय किसान यूनियन के राष्ट्रीय अध्यक्ष नरेश टिकैत बुधवार शाम 4 बजे बागपत स्थित कैंप कार्यालय पहुंचे। यहां उन्होंने भाकियू एनसीआर महासचिव प्रदीप धामा से करीब 2 घंटे मुलाकात की। टिकैत ने धामा की पत्नी की मौत के मामले में चल रही जांच पर नजर रखने और मदद का भरोसा दिया। दोषियों पर कार्रवाई की मांग नरेश टिकैत ने कहा- मामले में दोषियों को बचाने या गलत तरीके से किसी का नाम हटाने की कोशिश हुई तो आंदोलन किया जाएगा। भाकियू का कहना है कि जांच निष्पक्ष होनी चाहिए और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए। वहीं, निर्दोष लोगों को मामले में नहीं फंसाया जाना चाहिए। 11 महीने पहले सांप के काटने से हुई थी मौत प्रदीप धामा की पत्नी सुंदर देवी की करीब 11 महीने पहले सांप के काटने से मौत हुई थी। परिजनों ने इलाज में लापरवाही के आरोप लगाए थे। डॉक्टरों की कमेटी की रिपोर्ट आने के बाद मामले में कार्रवाई शुरू हुई। प्रदीप धामा की तहरीर पर सीएमएस अनुराग वार्ष्णेय, डॉ. अश्वनी चौबे और फार्मासिस्ट मोहित त्यागी के खिलाफ केस दर्ज किया गया था। डॉक्टरों ने 72 घंटे का दिया अल्टीमेटम मंगलवार शाम डॉक्टरों ने जिला अस्पताल में बैठक की। उन्होंने 72 घंटे के भीतर मुकदमा खत्म करने की मांग करते हुए ऐसा न होने पर धरना-प्रदर्शन शुरू करने का अल्टीमेटम दिया। इसके बाद मामले को लेकर किसान यूनियन ने भी अपना रुख स्पष्ट किया है। नरेश टिकैत ने प्रदीप धामा को भरोसा दिया कि मामले की जांच और कार्रवाई पर नजर रखी जाएगी।
रायसेन जिले के सांची विधानसभा क्षेत्र के गैरतगंज तहसील अंतर्गत ग्राम हिनोतिया महलपुर में करीब 3 करोड़ रुपए की लागत से नवनिर्मित 33/11 केवी विद्युत उपकेंद्र का बुधवार को विधायक डॉ. प्रभुराम चौधरी ने लोकार्पण किया। उपकेंद्र शुरू होने से क्षेत्र के 15 गांवों के ग्रामीणों और किसानों को बेहतर बिजली आपूर्ति का लाभ मिलेगा। इससे लंबे समय से चली आ रही लो-वोल्टेज और ओवरलोडिंग की समस्या से राहत मिलने की उम्मीद है। मध्य क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी की एसएसटीडी योजना के तहत निर्मित इस उपकेंद्र में 5 एमवीए क्षमता का पावर ट्रांसफॉर्मर स्थापित किया गया है। यहां से 11 केवी के तीन फीडरों के माध्यम से आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों में बिजली की आपूर्ति की जाएगी। नए उपकेंद्र से विद्युत भार का बेहतर प्रबंधन हो सकेगा और घरेलू उपभोक्ताओं के साथ किसानों को भी गुणवत्तापूर्ण बिजली उपलब्ध कराने में मदद मिलेगी। खासकर कृषि कार्यों और सिंचाई के लिए बिजली की गुणवत्ता में सुधार होने से किसानों को फायदा होगा। इन गांवों को मिलेगा लाभ हिनोतिया महलपुर विद्युत उपकेंद्र से पठारी, हिनोतिया, माहेश्वरी, अमखेड़ा, बाबई, महलपुर पाथा, भूलन, जलालपुर, इमलिया, बाबलिया, छोटा सिलारी, बैरखेड़ी और सिरसौदा सहित आसपास के गांवों को बेहतर बिजली आपूर्ति का लाभ मिलेगा। नए उपकेंद्र से क्षेत्र की विद्युत वितरण व्यवस्था मजबूत होगी और ग्रामीण उपभोक्ताओं को पहले की तुलना में बेहतर वोल्टेज उपलब्ध कराने में सहायता मिलेगी। अधिकारियों की रही मौजूदगी लोकार्पण कार्यक्रम में विद्युत विभाग के रायसेन वृत्त के महाप्रबंधक संजीव सिंह, उपमहाप्रबंधक नीरज चौरसिया एवं वैभव त्रिपाठी तथा प्रबंधक गौरव अटूट, संजय पटेल और सर्वेंद्र चौधरी सहित विभागीय अधिकारी-कर्मचारी, जनप्रतिनिधि और ग्रामीणजन मौजूद रहे।
3 महीने में पंचायत चुनाव के हाई कोर्ट आदेश का कांग्रेस ने किया स्वागत, क्या बोलीं अराधना मिश्रा
तीन महीने में यूपी में त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव कराने के इलाहाबाद हाई कोर्ट के फैसले का कांग्रेस ने स्वागत किया है। कांग्रेस की प्रदेश अध्यक्ष अराधना मिश्रा ने कहा कि हाई कोर्ट का यह फैसला लोकतांत्रिक व्यवस्था को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण है। जनता के लोकतांत्रिक अधिकार प्रभावित हो रहे थे।
अलीगढ़ में भाजपा के तीन नेताओं पर गैंगरेप का आरोप लगाने वाली महिला ने बुधवार को वीडियो जारी कर अपनी जान को खतरा बताया। महिला का आरोप है कि एफआईआर दर्ज होने के बावजूद आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं हुई है। उसे अलग-अलग नंबरों से फोन कर धमकियां दी जा रही हैं और मुकदमे में समझौता करने के लिए पैसों का ऑफर देकर दबाव बनाया जा रहा है। महिला ने कहा कि उसके साथ कोई अनहोनी होती है या उसकी हत्या होती है तो इसके लिए सौरभ चौधरी, पंकज आर्या और लोकेश नागर जिम्मेदार होंगे। अलग-अलग नंबरों से धमकी देने का आरोप महिला ने वीडियो में गिरफ्तारी न होने पर सवाल उठाए और अपनी सुरक्षा को लेकर चिंता जताई। उसका दावा है कि मुकदमे में समझौता करने के लिए लगातार दबाव बनाया जा रहा है। उसे अलग-अलग नंबरों से कॉल आ रहे हैं और धमकियां दी जा रही हैं। महिला के आरोपों के मुताबिक, सौरभ चौधरी भाजपा युवा मोर्चा के जिला उपाध्यक्ष, पंकज आर्या भाजपा एससी मोर्चा के पूर्व जिला महामंत्री और लोकेश नागर भाजपा युवा मोर्चा के मंडल पदाधिकारी हैं। दोनों पक्ष सोशल मीडिया पर लगा रहे आरोप मामले में सौरभ चौधरी पिछले दो-तीन दिनों में दो से तीन वीडियो जारी कर चुके हैं। इनमें उन्होंने महिला और कुछ अन्य लोगों पर ब्लैकमेलिंग करने और साजिश रचने के आरोप लगाए हैं। दूसरी ओर, महिला इससे पहले सौरभ चौधरी के साथ अपने कुछ निजी और अंतरंग फोटो सोशल मीडिया पर पोस्ट कर चुकी है। एफआईआर दर्ज होने के बाद से दोनों पक्षों की ओर से सोशल मीडिया पर लगातार आरोप-प्रत्यारोप लगाए जा रहे हैं। इन दावों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है। कोर्ट के आदेश पर 5 अक्टूबर को दर्ज हुई थी FIR अनुसूचित वर्ग की महिला, जो पहले एक छात्र संगठन की पदाधिकारी रही है, ने न्यायालय के आदेश पर 5 अक्टूबर को बन्नादेवी थाने में तीनों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई थी। शिकायत में महिला ने एक भाजपा नेता को अपना पति बताया है। उसका दावा है कि वह उनकी पहली पत्नी है और दोनों के बीच मुकदमेबाजी चल रही है। महिला के मुताबिक, इसी मामले की पैरवी के लिए वह न्यायालय गई थी। वहां से लौटते समय बन्नादेवी क्षेत्र में जीटी रोड स्थित एक होटल के बाहर उसे रोककर कथित रूप से सामूहिक दुष्कर्म किया गया। पुलिस का आधिकारिक पक्ष सामने आना बाकी महिला ने अब नए वीडियो में अपनी सुरक्षा की मांग उठाई है। वहीं, सौरभ चौधरी की ओर से भी ब्लैकमेलिंग और साजिश के आरोप लगाए गए हैं। महिला के कथित धमकियों से जुड़े नए आरोपों और गिरफ्तारी की स्थिति पर पुलिस का आधिकारिक पक्ष सामने आना बाकी है। मामले की सच्चाई जांच और कानूनी प्रक्रिया के बाद ही स्पष्ट होगी।
मेरठ में एक महिला ने दरोगा सेमत कुछ लोगों पर अभद्रता का आरोप लगाया है। उसका कहना है कि बेजुबान जानवरों को भोजन कराने के दौरान दरोगा ने अभद्रता की। गाली-गलौज और जान से मारने की धमकी दी। पीड़िता स्वाति बालियान ने थानाध्यक्ष को शिकायत देकर मामले में कार्रवाई और अपने परिवार की सुरक्षा की मांग की है। मामला कंकरखेड़ा थाना क्षेत्र की नंद विहार कॉलोनी का है। जानवरों को भोजन कराने के दौरान दरोगा ने डंडा फेंककर मारा शिकायत के अनुसार, स्वाति बालियान निवासी नंद विहार कॉलोनी प्रतिदिन सुबह करीब 7 बजे आसपास के जानवरों को भोजन कराने जाती हैं। 12 अक्टूबर 2026 को भी वह रोजाना की तरह जानवरों को खाना खिलाने निकली थीं। आरोप है कि इस दौरान मौके पर मौजूद आशीष मलिक नाम का व्यक्ति, जो महिला के अनुसार यूपी पुलिस में उपनिरीक्षक है और नोएडा में तैनात है, एक कुत्ते के भौंकने पर उस पर डंडा फेंककर मारा। स्वाति के मुताबिक, घटना के समय उन्होंने कोई विवाद नहीं किया और आगे जाकर जानवरों को भोजन कराने लगीं। आरोप है कि इसके बाद आशीष मलिक और दो-तीन अन्य लोग उनके तथा उनकी मां सविता बालियान के साथ अभद्र व्यवहार करने लगे। महिला का आरोप है कि उनके साथ अपमानजनक भाषा का इस्तेमाल किया गया और उन्हें धमकाया गया। पूरे परिवार को जान से मारने की धमकी शिकायत में यह भी आरोप लगाया गया है कि आरोपियों ने स्वाति और उनके पूरे परिवार को जान से मारने की धमकी दी। पीड़िता के अनुसार, संबंधित व्यक्ति ने खुद को दरोगा बताते हुए झूठे मुकदमे में फंसाने और जेल भिजवाने की धमकी भी दी। महिला ने पुलिस पद का रौब दिखाकर डराने तथा मारपीट की धमकी देने का आरोप भी लगाया है। स्वाति बालियान ने अपनी शिकायत में कहा है कि वह एक सामान्य नागरिक हैं और उन्हें कानून एवं प्रशासन पर विश्वास है। उन्होंने पुलिस से मामले को गंभीरता से लेते हुए आरोपों की जांच करने, दोषियों के खिलाफ उचित कार्रवाई करने तथा उन्हें और उनकी मां व परिवार को सुरक्षा प्रदान करने की मांग की है। वहीं थाना प्रभारी कंकरखेड़ा जितेंद्र सिंह का कहना है कि ऐसा कोई मामला संज्ञान में नहीं है। शिकायत के आधार पर विधिवत जांच का दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
लखनऊ शहर में बाढ़ जैसे हालात बने हुए 16 दिन बीत चुके हैं, लेकिन लोगों की मुश्किलें कम नहीं हो रही हैं। बाढ़ से 5 लाख से ज्यादा लोग प्रभावित हैं। सबसे ज्यादा परेशानी फैजुल्लागंज में है। यहां 50 से 60 हजार से अधिक घर आधे से ज्यादा पानी में डूबे हैं। कुछ इलाकों में पानी कम होने लगा है, लेकिन गंदगी, दूषित पेयजल और जलनिकासी की समस्या अब भी बनी हुई है। लोगों की परेशानी को देखते हुए नगर निगम ने सफाई, पेयजल और जलनिकासी से जुड़ी शिकायतों के लिए विभागवार हेल्पलाइन नंबर जारी किए हैं। नगर निगम के मुताबिक, नागरिक संबंधित विभाग के कंट्रोल रूम पर फोन करके अपनी शिकायत दर्ज करा सकते हैं। शिकायतों के आधार पर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी। इन नंबरों पर दर्ज कराएं शिकायत 1. सफाई संबंधी शिकायतें: कूड़ा उठान, गंदगी और सफाई से जुड़ी समस्याओं के लिए इन नंबरों पर संपर्क कर सकते हैं। 8808837500 6389923234 9219902911 9219902912 2. पेयजल और सेप्टिक टैंक संबंधी शिकायतें: दूषित पेयजल, पानी की आपूर्ति और सेप्टिक टैंक से जुड़ी समस्याओं के लिए जलकल विभाग के इन नंबरों पर संपर्क करें। 9451831593 9889806396 9454508087 7991332892 3. जलनिकासी संबंधी शिकायतें: जलभराव और पानी की निकासी से जुड़ी समस्याओं के लिए अभियंत्रण विभाग के इन नंबरों पर शिकायत दर्ज कराएं। 8810721631 6389923231 9219902913 9219902914 900 कर्मचारियों की तैनाती, ड्रोन से छिड़काव बाढ़ का पानी उतरने के साथ नगर निगम ने प्रभावित इलाकों में सफाई, और संक्रमण से बचाव के लिए अभियान तेज कर दिया है। नगर आयुक्त गौरव कुमार ने बुधवार को प्रभावित क्षेत्रों का निरीक्षण कर अधिकारियों को जरूरी निर्देश दिए। सफाई और राहत कार्यों की निगरानी के लिए जोन-3 और जोन-6 को कुल नौ सेक्टर और 31 सब-सेक्टर में बांटा गया है। जोन-3 में पांच सेक्टर और 21 सब-सेक्टर बनाए गए हैं। यहां करीब 350 कर्मचारी सफाई कार्य में लगाए गए हैं। तीन ड्रोन की मदद से एंटी लार्वा का छिड़काव कराया गया। नंदा फॉर्म, संत कबीर नगर, मिल्लत नगर, दाउद नगर और लौहरामऊ समेत कई इलाकों में छिड़काव के साथ गाद हटाने का काम किया जा रहा है। वहीं, जोन-6 में चार सेक्टर, 10 सब-सेक्टर और 60 बीट बनाकर निगरानी की जा रही है। यहां करीब 550 कर्मचारी तैनात किए गए हैं। सैंथा, हयातनगर, गुलमी खेड़ा, मिश्री की बगिया और हरिनगर समेत प्रभावित क्षेत्रों में सफाई और एंटी लार्वा छिड़काव कराया जा रहा है। नगर निगम का दावा है कि पानी उतरने के साथ सफाई और संक्रमण से बचाव के काम में तेजी लाई जा रही है।
बिलासपुर और टिटिलागढ़ के बीच चलने वाली ट्रेन नंबर 58214/58213 बिलासपुर-टिटिलागढ़-बिलासपुर पैसेंजर 15 अक्टूबर को रद्द कर दी गई है। रेलवे ने यात्रियों को हुई परेशानी के लिए माफी मांगी है। यह फैसला पूर्व तटीय रेलवे के संबलपुर मंडल में नॉन-इंटरलॉकिंग काम के कारण लिया गया है। टिटिलागढ़-केसिंगा रेलखंड पर RV-163 और RV-164 लेवल क्रॉसिंग फाटकों पर इंटरलॉकिंग की व्यवस्था के लिए यह काम किया जाएगा।
राजनांदगांव में 15 अक्टूबर को दिग्विजय स्टेडियम में 'राग नांदगांव' संगीत संध्या का आयोजन होगा। यह कार्यक्रम विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह के जन्मदिन पर युवा वेलफेयर फाउंडेशन करवा रहा है। इसमें प्रसिद्ध गायक जुबिन नौटियाल प्रस्तुति देंगे। कार्यक्रम में राज्यपाल रेमन डेका, मुख्यमंत्री विष्णु देव साय और कई मंत्री शामिल हो सकते हैं। भारी भीड़ और वीआईपी मूवमेंट को देखते हुए राजनांदगांव पुलिस ने ट्रैफिक एडवाइजरी जारी की है। दर्शकों के लिए स्टेडियम में प्रवेश शाम 4:30 बजे से 6:00 बजे तक रहेगा। कार्यक्रम रात 8:00 बजे शुरू होगा। स्टेडियम में प्रवेश के लिए 5 मुख्य द्वार बनाए गए हैं। पासधारी अपने पास पर लिखे गेट नंबर के हिसाब से ही प्रवेश करें। पुलिस ने बताया कि पास के अनुसार तय पार्किंग स्थलों पर ही गाड़ियां खड़ी करें। गलत जगह गाड़ी खड़ी करने पर कार्रवाई होगी। स्थानीय लोगों से पैदल आने की अपील की गई है। शहर में ट्रैफिक का दबाव रहेगा, इसलिए दर्शक घर से पर्याप्त समय लेकर निकलें। शाम 4:30 से 6 बजे तक मिलेगा प्रवेश कार्यक्रम दिग्विजय स्टेडियम में होगा। दर्शकों के लिए प्रवेश का समय शाम 4:30 बजे से 6 बजे तक रखा गया है। इस दौरान प्रवेश द्वारों पर सुरक्षा जांच की जाएगी। शाम 6 से 8 बजे के बीच स्टेडियम के गेट पर ज्यादा भीड़ होने की संभावना है। कार्यक्रम रात 8 बजे शुरू होगा। पास पर लिखे गेट से ही करें प्रवेश दर्शकों की सुविधा के लिए स्टेडियम में अलग-अलग प्रवेश द्वार बनाए गए हैं। पासधारियों को अपने पास पर लिखे गेट नंबर के अनुसार ही प्रवेश करना होगा। गेट A: एलआईसी कार्यालय के सामने। गेट B: एसबीआई के सामने। गेट C: एचडीएफसी बैंक के बगल वाली गली में। गेट D: स्टेडियम के पास हनुमान मंदिर के नजदीक। गेट E: हाईवे वाली सड़क से गौशाला पिंजरील की ओर। पुलिस ने दर्शकों से अपील की है कि वे अपने पास पर दिए गए गेट की जानकारी पहले ही देख लें, ताकि प्रवेश के समय परेशानी न हो। तय पार्किंग में ही खड़े करें वाहन कार्यक्रम में आने वाले लोगों को अपने पास के प्रकार के हिसाब से तय पार्किंग स्थल पर ही वाहन खड़े करने होंगे। गलत जगह पार्किंग करने पर कार्रवाई की जा सकती है। स्टेडियम के आसपास रहने वाले लोगों से पैदल आने की अपील की गई है। पुलिस ने यह भी कहा है कि शहर के प्रमुख रास्तों पर यातायात का दबाव बढ़ सकता है। ऐसे में लोग घर से पर्याप्त समय लेकर निकलें, ताकि कार्यक्रम स्थल तक पहुंचने में देरी न हो। वैध पास और पहचान पत्र रखना जरूरी स्टेडियम में प्रवेश से पहले सभी लोगों की सुरक्षा जांच की जाएगी। दर्शकों को वैध पास और पहचान पत्र साथ रखना अनिवार्य है। हथियार, धारदार सामान और प्रतिबंधित वस्तुएं लेकर आने की अनुमति नहीं होगी। पुलिस ने चेतावनी दी है कि कार्यक्रम के दौरान शांति भंग करने या अफवाह फैलाने वालों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी। साथ ही लोगों से व्यवस्था बनाए रखने और पुलिस व प्रशासन का सहयोग करने की अपील की गई है।
बीजेपी में आते ही विधायक राकेश प्रताप, अभय सिंह और विनोद चुतर्वेदी में दिखे तेवर, सपा को खूब सुनाया
बीजेपी में आते ही विधायक राकेश प्रताप सिंह, अभय सिंह और विनोद चुतर्वेदी तीनों तेवर में दिखे। सदस्यता लेते ही तीनों विधायकों ने समाजवादी पार्टी पर जमकर हमला किया। सपा खूब सुनाया।
ANTF टीम ने 1 लाख रुपए के इनामी तस्कर को घर पर पूजा-पाठ करते दबोच लिया। आरोपी 3 साल से फरारी काट रहा था। टीम को इनपुट मिला था कि आरोपी नवरात्रा पर पूजा-पाठ करने घर पर आएगा। इस पर टीम ने लगातार निगरानी रखते हुए घर से गिरफ्तार कर लिया। पुलिस पूछताछ में सामने आया है कि नेपाल भागने की तैयारी में था। तस्कर ने शुरूआत शराब तस्करी से की थी। इसके बाद मादक-पदार्थ का कारोबार शुरू किया। इस पर मर्डर, एनडीपीएस समेत 14 मामले दर्ज है। इनामी के घर आने की मिली सूचना एएनटीएफ आईजीपी विकास कुमार ने बताया- टीम ने फरार इनामी कंवराराम को दबोचने के लिए काफी समय से प्रयास कर रही थी। टीम को सूचना मिली थी कि आरोपी नागेणेची माता का भक्त है। नवरात्रा पर पूजा-पाठ करने के लिए घर आ सकता है। टीम ने आरोपी के आसपास गुप्त रूप से निगरानी करनी शुरू की। इस दौरान घर आने की सूचना पर टीम ने प्लानिंग की। पूजा करते टीम ने दबोचा एएनटीएफ टीम ने आरोपी के घर पर माताजी की पूजा-पाठ करते आरोपी कंवराराम पुत्र बगताराम निवासी बोला पुलिस थाना ग्रामीण हाल बलदेव नगर बाड़मेर के घर पर ही दबिश दी। कंवराराम को टीम ने पकड़कर रिीको थाना पुलिस को सुपुर्द किया। नेपाल भागने की थी तैयारी आईजीपी विकास कुमार ने बताया तीन साल से फरार चल रहे एक लाख रुपए के इनामी आरोपी कंवराराम नवरात्रा के अवसर पर केवल माताजी की पूजा-अर्चना करने के लिए घर पर अया था। आरोपी ने फरारी जारी रखने के लिए अपना बैग भी तैयार कर रखा था। नेपाल जाने की तैयारी में था। पढ़ाई छोड़ घुसा क्राइम में फरार इनामी आरोपी कंवराराम ने साल 2009 में दसवी कक्षा तक पढ़ाई करने के बाद शिक्षा छोड़ दी। इसके बाद करीब दो साल तक पेट्रोल पंपर पर सैल्समैन का काम किया। साल 2010 में मारपीट का मामला दर्ज हुआ। साल 2013 में मर्डर का मामला दर्ज हुआ। आरोपी जेल में गया। इसमें आरोपी को करीब 4 साल बाद जमानत मिली। शराब तस्करी में घुसा आरोपी कंवराराम ने क्राइम की दुनया में कदम रखने के बाद शराब के अवैध कारोबार में भी हाथ आजमाया। राजस्थान से अवैध शराब लेकर गुजरात में सप्लाई की। पार्टनर के साथ अनबन होने पर लौटकर बाड़मेर आ गया। फिर शुरू की ड्रग्स की तस्करी आरोपी पर मारपीट व मर्डर के मामला दर्ज होने के बाद व फरार रहने लगा। इसी दौरान उसका संपर्क तस्करों से हुआ। आरोपी मध्यप्रदेश व दक्षिण राजस्घ्थान से भारी मात्रा में अवैध मादक-पदार्थ खरीदकर मारवाड़ में सप्लाई करने लगा। साल 2018 में आरोपी मध्यप्रदेश के नीमच इलाके में डोडा-पोस्त से सबंधित एनडीपीएस मामले में पकड़ा। 27 माह तक जेल में रहा इस मामले में करीब 28 माह तक जेल में रहा। इसके बाद दिसंबर 2021 में छोटी सादड़ी प्रतापगढ़ में डोडा-पोस्त से संबंधित मामले में पकड़ा गया। साल 2023 में पुलिस थाना बाली जिला पाली में एनडीपीएस और आर्म्स एक्ट के तहत मामले दर्ज हुए। फरारी के दौरान ठिकाने पर बदलकर करने लगा तस्करी आरोपपी के खिलाफ एनडीपीएस व अन्य धाराओं में मामले दज होने पर आरोपी अपना गांव छोड़कर फरारी काटने लगा। पुलिस से बचने के लिए राजस्थान समेत गुजरात, महाराष्ट्र और कर्नाटक में अलग-अलग ठिकानों पर शरण लेता रहा। ठिकाने बदलता रहा। पुलिस से बचने के लिए पाले 8 कुत्ते आरोपी कंवराराम ने अपने घर के आसपास बाहरी व्यक्तियों की आवाजाही पर नजर रखने तथा पुलिस की संभावित दबिश पर सतर्क रहने के लिए 8 पालतू कुते पाल रखे थे। इससे अनजान व्यक्ति के आने पर कुत्ते भौंकते और सतर्क हो जाता था। बाहरी कुत्तों के बाहरी व्यक्ति आसपास नहीं पहुंच पा रहा था। 14 मामले है दर्ज आरोपी कंवराराम के खिलाफ 14 से अधिक क्राइम के मामले दर्ज है। इनमें मर्डर, मारपीट, तथा मादक-पदार्थ तस्करी से जुड़े है। आरापी के खिलाफ राजस्थान के अलग-अलग थानों के अलावा अन्य राज्यों के मामले शामिल है।
दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता के एक बयान पर विवाद खड़ा हो गया है। दरअसल, आजादपुर में रामलीला में बुधवार शाम उन्होंने कहा- हर एक राम को मारना होगा। AAP नेता और दिल्ली के पूर्व मंत्री सौरभ भारद्वाज ने उनके भाषण के वीडियो का एक हिस्सा शेयर किया है। CM रेखा कहती हैं- जब तक हर एक राम मारा न जाए, समाज साफ-सुथरा न हो जाए। AAP ने कहा- आज हर सनातनी और राम भक्त मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता से शर्मिंदा है। यह बेशर्मी की हद है और भाजपा की राम-विरोधी मानसिकता को दिखाता है। कांग्रेस बोली- पीएम ने रामराज्य को मारा, रेखा गुप्ता राम को मार रहीं कांग्रेस नेता प्रियंका कक्कड़ ने CM रेखा गुप्ता और पीएम मोदी पर निशाना साधा। उन्होंने कहा- रेखा गुप्ता राम को मार रही हैं, मोदी जी ने पहले ही रामराज्य को मार दिया है। पूरे विवाद पर भाजपा की ओर से खबर लिखे जाने तक कोई प्रतिक्रिया सामने नहीं आई थी। 13 अक्टूबर को रामलीला में शामिल हुई थीं रेखा गुप्ता रेखा गुप्ता ने 13 अक्टूबर को आजादपुर के केवल पार्क में आयोजित रामलीला में हिस्सा लिया था। इस दौरान उन्होंने यह बयान दिया। इस दौरान भाजपा विधायक राजकुमार भाटिया भी वहां मौजूद थे। दिल्ली CM की पहले भी फिसली जुबान, AQI को AIQ कहा था 1. ब्रिटिश सरकार की जगह कांग्रेस सरकार कहा 6 जनवरी 2026: दिल्ली विधानसभा में भगत सिंह और उनके साथियों का जिक्र करते हुए रेखा गुप्ता ने कहा था- भगत सिंह ने बहरी कांग्रेस सरकार के खिलाफ बम फेंका था। बाद में रेखा गुप्ता ने विधानसभा में कहा कि उनसे ‘ब्रिटिश’ की जगह गलती से ‘कांग्रेस’ निकल गया। 2. AQI की जगह ‘AIQ’ बोला दिसंबर 2025: एक सार्वजनिक कार्यक्रम में AQI का उच्चारण ‘AIQ’ करने को लेकर उनका वीडियो वायरल हुआ। हालांकि, इस बयान की सटीक तारीख की पुष्टि नहीं हो सकी। बाद में विधानसभा में मुख्यमंत्री रेखा भावुक हो गईं और उन्होंने कहा कि बोलते समय उनसे गलती हो जाती है। 3. सुभाष चंद्र बोस के नाम को लेकर गलती 21 दिसंबर 2025: दिल्ली में नेताजी सुभाष यूनिवर्सिटी ऑफ टेक्नोलॉजी (NSUT) में आयोजित कार्यक्रम में CM रेखा गुप्ता ने स्वतंत्रता सेनानी नेताजी सुभाष चंद्र बोस का नाम लेते हुए गलती से ‘नेताजी सुभाष पैलेस’ कह दिया। -------------------------- यह खबर भी पढ़ें… कोलकाता की सड़कों पर इंद्रधनुषी रंग, दावा- बाइकर्स फिसल रहे; मंत्री बोलीं- दुर्गा पूजा के बाद पेंट हटा देंगे दुर्गा पूजा से पहले कोलकाता की सड़कों और फ्लाईओवर को लाल, नीले, पीले सहित अन्य इंद्रधनुषी रंगों से सजाया गया है। इसी बीच, बारिश के बाद रंगीन सड़क पर बाइकर्स के फिसलने के वीडियो सोशल मीडिया पर सामने आए हैं। पूरी खबर पढ़ें…
शहडोल जिले के जैतपुर थाना इलाके में बुधवार रात करीब 8:30 बजे सड़क हादसे में 30 साल के बाइक सवार युवक सोनू वर्मा की मौके पर ही मौत हो गई। भठिया स्थित पेट्रोल पंप से बाहर निकलते समय एक तेज रफ्तार हाइवा ने उसकी मोटरसाइकिल को रौंद दिया। मृतक सोनू वर्मा खोड़री गांव के रहने वाला था। हादसे की खबर मिलते ही ग्रामीणों का गुस्सा फूट पड़ा और उन्होंने भठिया-जैतपुर मुख्य मार्ग पर चक्काजाम कर दिया। ग्रामीणों का आरोप है कि इलाके में रेत का अवैध परिवहन धड़ल्ले से चल रहा है और तेज रफ्तार हाइवा लगातार लोगों की जिंदगी से खिलवाड़ कर रहे हैं। सूचना मिलने पर जैतपुर थाना पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची और उग्र भीड़ को समझाने-बुझाने का प्रयास शुरू किया। पेट्रोल भरवाकर बाहर निकलते ही हुआ हादसा प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, सोनू वर्मा अपनी बाइक में पेट्रोल भरवाने के बाद पंप से बाहर निकल रहे थे। तभी एमपी 18 जेडडी 6102 नंबर का एक तेज रफ्तार हाइवा अचानक पेट्रोल पंप की तरफ मुड़ा और बाइक को अपनी चपेट में ले लिया। अवैध रेत परिवहन से परेशान हैं ग्रामीण प्रदर्शन कर रहे ग्रामीणों का कहना है कि पास ही स्थित कुनुक नदी से दिन-रात अवैध रेत का उत्खनन और परिवहन किया जा रहा है। रेत से भरे भारी हाइवा गांव के रास्तों से बेहद तेज गति में गुजरते हैं, जिससे हर वक्त बड़े हादसों की आशंका बनी रहती है। चक्काजाम के कारण सड़क के दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं और आवागमन पूरी तरह ठप्प हो गया। पुलिस मौके पर पहुंची है और लोगों को समझा रही है।
पिता को इस बात के लिए मजबूर नहीं कर सकती मां, कोर्ट ने बच्चे से पूछा; फिर सुनाया ये फैसला
इलाहाबाद हाई कोर्ट ने एक आदेश में कहा है कि बच्चे को मां के घर लाने के लिए पिता को मजबूर नहीं किया जा सकता लेकिन मां अपने विजिटेशन राइट का सीधे पिता के घर जाकर उपयोग कर सकती है, उसे थाने जाने की जरूरत नहीं है। यह आदेश न्यायमूर्ति संदीप जैन ने बंदी प्रत्यक्षीकरण याचिका पर सुनवाई करते हुए दिया है।
जयपुर में गरबा:मोबाइल की रोशनी में गरबा को किया एंजॉय
जयपुर में भास्कर अभिव्यक्ति गरबा में पहले ही दिन भीड़ रही। लोगों ने मोबाइल की रोशनी में गरबा को एंजॉय किया। इसका वीडियो देखने के लिए कवर इमेज पर क्लिक करें।
जयपुर में गरबा:भारत के अलग-अलग राज्यों की ड्रेस की थीम पहने पहुंचीं युवतियां
यूनिटी इन डाइवर्सिटी ग्रुप के प्रतिभागी गरबा महोत्सव में भारत के अलग-अलग स्टेट के गेटअप में तैयार होकर पहुंचे हैं। सभी एक ही सोसाइटी से है। इसमें युवती ज्योत्सना केरला के गेटअप में, सुमन कश्मीर के गेटअप में तैयार होकर आई। इसके अलावा अन्य युवतियां राजस्थान, असम और महाराष्ट्र की पारंपरिक ड्रेस में तैयार होकर आई। इसका वीडियो देखने के लिए कवर इमेज पर क्लिक करें।
बड़वानी शहर को स्वच्छ और पॉलिथीन मुक्त बनाने के लिए नगर पालिका ने बुधवार रात करंजा चौराहे पर जागरूकता अभियान चलाया। नगर पालिका अध्यक्ष अश्विनी निक्कू चौहान, सीएमओ सोनाली शर्मा और निकाय की पूरी टीम ने शहर के मुख्य मार्गों पर पैदल मार्च निकाला और लोगों को स्वच्छता का संदेश दिया। इस दौरान 'झोला उठाओ, पॉलिथीन हटाओ' जैसे नारों के साथ मोटी माता मार्ग और करंजा चौपाटी इलाके में घूम-घूमकर दुकानदारों और राहगीरों को जागरूक किया गया। अभियान के दौरान व्यापारियों और लोगों को बताया गया कि सिंगल यूज पॉलिथिन स्वच्छता की सबसे बड़ी दुश्मन है। इसके इस्तेमाल से शहर की नालियां ब्लॉक हो जाती हैं, जिससे सड़कों पर गंदा पानी भरता है और बीमारियां फैलती हैं। अधिकारियों ने समझाया कि इस गंदगी का सीधा असर शहर की राष्ट्रीय स्वच्छता रैंकिंग पर भी पड़ता है। अध्यक्ष अश्विनी चौहान ने लोगों से अपील करते हुए कहा कि स्वच्छता को केवल एक अभियान के रूप में न देखें, बल्कि इसे अपनी रोजमर्रा की आदत में शामिल करें। अध्यक्ष का संदेश - हम सुरक्षित तो शहर सुरक्षित नगर पालिका अध्यक्ष अश्विनी निक्कू चौहान ने कहा कि 'हम सुरक्षित तो हमारा शहर सुरक्षित और शहर सुरक्षित तो हमारा देश सुरक्षित'। उन्होंने कहा कि जब तक हर नागरिक खुद जागरूक होकर स्वच्छता का ध्यान नहीं रखेगा, तब तक हम शारीरिक रूप से स्वस्थ नहीं रह सकते। इस मौके पर उन्होंने वहां मौजूद सभी ठेला व्यवसायियों, दुकानदारों और व्यापारियों को स्वच्छता बनाए रखने की शपथ भी दिलाई। व्यापारियों और ग्राहकों को बांटी गईं कपड़े की थैलियां नगर पालिका की टीम ने केवल समझाइश ही नहीं दी, बल्कि पॉलिथिन का विकल्प भी मुहैया कराया। अभियान के तहत दुकानदारों और सामान खरीदने आए ग्राहकों को कपड़े की थैलियां बांटी गईं। टीम ने व्यापारियों से आग्रह किया कि वे ग्राहकों को पॉलिथीन में सामान देने के बजाय कपड़े की थैली का इस्तेमाल करने के लिए प्रेरित करें। 'स्वच्छ बड़वानी, स्वस्थ बड़वानी' के संदेश के साथ इस पैदल मार्च का समापन हुआ।
मंदसौर में 5 मध्य प्रदेश बटालियन एनसीसी की वार्षिक कॉन्फ्रेंस हुई। इसमें मंदसौर और नीमच जिले के सरकारी और प्राइवेट स्कूलों-कॉलेजों के एनसीसी अधिकारियों ने हिस्सा लिया। बैठक में कैडेट्स के प्रशिक्षण, सैन्य कौशल, अनुशासन और नेतृत्व क्षमता बढ़ाने पर जोर दिया गया। बटालियन के कमान अधिकारी कर्नल सुनील चीकोड़े और प्रशासनिक अधिकारी लेफ्टिनेंट कर्नल अक्षत बक्शी ने अधिकारियों को ट्रेनिंग के निर्देश दिए। उन्होंने कैडेट्स को तय कार्यक्रम के अनुसार ट्रेनिंग देने और उनमें राष्ट्रसेवा की भावना जगाने को कहा। कॉन्फ्रेंस के दौरान नायब सूबेदार अमर पाटील की पदोन्नति पर रैंक सेरेमनी भी हुई। भारतीय सेना की मराठा लाइट इन्फैंट्री रेजिमेंट में सेवारत अमर पाटील को सूबेदार बनाया गया है। कर्नल सुनील चीकोड़े और सेकंड ऑफिसर कुलदीप सिंह चंद्रावत ने उन्हें सूबेदार की रैंक पहनाई। अधिकारियों ने अमर पाटील को नई जिम्मेदारी के लिए शुभकामनाएं दीं।
राजगढ़ जिले के ग्रामीण क्षेत्रों में अघोषित बिजली कटौती को लेकर जिला कांग्रेस कमेटी ने प्रदेश सरकार और विद्युत विभाग पर सवाल उठाए हैं। कांग्रेस ने राज्यपाल के नाम जिला प्रशासन को ज्ञापन सौंपकर बिजली कटौती बंद करने और नियमित आपूर्ति सुनिश्चित करने की मांग की। संगठन का कहना है कि रबी फसलों की बुवाई के समय किसानों को सिंचाई के लिए पर्याप्त बिजली नहीं मिल रही है। नवरात्रि के दौरान भी कटौती से ग्रामीणों को परेशानी हो रही है। किसान, व्यापारी और विद्यार्थी परेशान होने का दावाकांग्रेस ने ज्ञापन में कहा कि कृषि देश की अर्थव्यवस्था का महत्वपूर्ण आधार है। ऐसे में किसानों को बुवाई और सिंचाई के लिए समय पर बिजली मिलना जरूरी है। संगठन के मुताबिक, ग्रामीण क्षेत्रों में अघोषित कटौती से किसान, व्यापारी, विद्यार्थी और आम नागरिक प्रभावित हो रहे हैं। निर्धारित समय पर बिजली देने की मांगजिला कांग्रेस कमेटी ने मांग की कि ग्रामीण क्षेत्रों में अघोषित बिजली कटौती बंद की जाए और कृषि कार्यों के लिए निर्धारित समय पर पर्याप्त बिजली उपलब्ध कराई जाए। कांग्रेस ने बिजली आपूर्ति नियमित करने और ग्रामीणों की शिकायतों का जल्द निराकरण करने की भी मांग रखी। ग्रामीणों में आक्रोश बढ़ने की बात कहीकांग्रेस ने कहा कि बिजली समस्या का समाधान नहीं होने से ग्रामीणों में आक्रोश बढ़ रहा है। संगठन ने प्रशासन और विद्युत विभाग से शिकायतों पर ध्यान देने तथा जिला स्तर पर समस्याओं का निराकरण करने की मांग की। ज्ञापन में शांतिपूर्ण विरोध करने वाले नागरिकों के साथ न्यायपूर्ण व्यवहार करने की बात भी कही गई। कांग्रेस ने प्रदेश सरकार और संबंधित विभाग से मामले में तत्काल हस्तक्षेप कर ग्रामीण क्षेत्रों की बिजली व्यवस्था सुधारने की अपील की।
वैशाली नाव हादसा: एक साथ 13 शव देख कलेजा दहल गया, बिना बताए भोज खाने गए बच्चे फिर नहीं लौटे
वैशाली जिले के राघोपुर में गंगा नदी के ढाब में नाव पलटने से 13 लोगों की मौत हो गई। मरने वालों में अधिकांश बच्चे थे, जो ट्यूशन पढ़कर घर वालों को बिना बताए ढाब के दूसरे छोर पर भोज खाने चले गए थे। बुधवार को पूरे गांव में चूल्हे नहीं जले, एक साथ 13 शव देख हर किसी का कलेजा दहल गया।
रोहतास में सरकारी अस्पताल के पास बाइक दुर्घटना,:3 लोग घायल, दो को सासाराम रेफर किया गया
रोहतास में बुधवार रात करीब 8 बजे सरकारी अस्पताल के पास एक बाइक दुर्घटना में तीन लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। सभी घायलों को बेहतर इलाज के लिए सासाराम रेफर किया गया है। घायलों में पिपराडीह गांव के रसिक पासवान और बलतूआ गांव के अमलेश कुमार व रोहित कुमार शामिल हैं। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, बलतूआ गांव के एक बाइक पर तीन लोग सवार थे। हादसे के बाद उन्हें अस्पताल पहुंचाया गया। यह दुर्घटना किन परिस्थितियों में हुई और इसमें कितने वाहन शामिल थे, इसकी जानकारी अभी सामने नहीं आई है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
मेरठ में नीले ड्रम हत्याकांड में मुस्कान और साहिल को मौत की सजा सुनाए जाने के बाद अब इस केस की विवेचना करने वाली पुलिस टीम को सम्मानित किया जाएगा। एसएसपी बीबीजीटीएस मूर्ति ने बुधवार को इसकी घोषणा की। उन्होंने कहा कि मामले में जिन पुलिसकर्मियों ने विवेचना और कार्रवाई में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है, उन सभी को प्रशस्ति पत्र के साथ नकद पुरस्कार देकर सम्मानित किया जाएगा। सम्मानित होने वाले पुलिसकर्मियों में महिला दरोगा अनु कॉलिस का नाम भी शामिल है। अनु ही नीले ड्रम हत्याकांड की आरोपी मुस्कान रस्तोगी को गिरफ्तार कर लाई थीं। यह वही महिला दरोगा है जिसका क्यू आर कोड वाला अश्लिल वीडियो वायरल हुआ था फिर वह सस्पेंड हुई थी। हालांकि अब अनु बहाल हो चुकी है इसलिए उसको भी सम्मानित किया जाएगा। दरोगा अनु कॉलिस भी होंगी सम्मानित अनु कॉलिस वर्ष 2023 बैच की महिला दरोगा हैं। अनु कॉलिस अगस्त 2026 में सोशल मीडिया पर आपत्तिजनक वीडियो और रील वायरल होने के बाद चर्चा में आई थीं। उनके नाम से जुड़े इस मामले के सामने आने पर तत्कालीन एसएसपी ने उन्हें निलंबित कर दिया था। मामले की जांच साइबर सेल को सौंपी गई थी। पुलिस विभाग ने इसे सोशल मीडिया नीति के उल्लंघन से जुड़ा मामला बताया था। बाद में अनु कॉलिस ने सोशल मीडिया पर लाइव आकर अपना पक्ष रखा था। उन्होंने आरोप लगाया था कि उनकी अनुमति के बिना निजी तस्वीरें और वीडियो प्रसारित किए गए। पुलिस के मुताबिक, उनका निलंबन समाप्त हो चुका है और वह बहाल हो गई हैं। सांपकांड की आरोपी को कोर्ट में पेशी पर लेकर पहुंचीं हाल ही में अनु कॉलिस चर्चित सांपकांड में आरोपी रविता को पेशी के लिए अदालत लेकर पहुंची थीं। रविता पर आरोप है कि उसने अपने पति की हत्या के लिए सांप का इस्तेमाल किया था। अब नीले ड्रम हत्याकांड में पुलिस टीम को सम्मानित किए जाने की घोषणा के बाद अनु कॉलिस का नाम भी चर्चा में है। हत्याकांड के समय ये अधिकारी थे तैनात जब सौरभ हत्याकांड हुआ था, उस समय विपिन टाडा मेरठ के एसएसपी थे। आयुष विक्रम सिंह एसपी सिटी के पद पर तैनात थे, जबकि अंतरिक्ष जैन कोतवाली क्षेत्र के सीओ और रमाकांत पचौरी ब्रह्मपुरी थाना प्रभारी थे। अब इन अधिकारियों की तैनाती बदल चुकी है। साथ ही तत्कालीन एसएसपी अविनाश पांडेय भी नीला ड्रम कांड के कोर्ट ट्रायल के दौरान मेरठ में ही तैनात थे। विपिन टाडा कानपुर और आयुष विक्रम सिंह बहराइच में तैनात हैं। अंतरिक्ष जैन का भी तबादला हो चुका है। एसएसपी ने पुलिस और अभियोजन पक्ष को दी बधाई एसएसपी बीबीजीटीएस मूर्ति ने कहा कि नीले ड्रम हत्याकांड में पुलिस और अभियोजन पक्ष के प्रयासों से न्यायालय में प्रभावी पैरवी हुई। उन्होंने कहा कि इस मामले में जिन लोगों ने अच्छा काम किया है, वे सभी प्रशंसा के पात्र हैं। पुलिसकर्मियों को प्रशस्ति पत्र के साथ नकद पुरस्कार देकर सम्मानित किया जाएगा।
विधान पार्षद (एमएलसी) चुनाव को लेकर राजनीतिक पारा आसमान पर पहुंच गया है। सभी राजनीतिक दलों के दिग्गज नेता और कार्यकर्ता अपने-अपने उम्मीदवारों की जीत सुनिश्चित करने के लिए धुआंधार प्रचार में जुट गए हैं। इसी सिलसिले में बिहार सरकार के मुख्य सचेतक सह भाजपा व्यवसायिक प्रकोष्ठ के प्रदेश अध्यक्ष संजीव चौरसिया ने बेगूसराय का दौरा कर स्थानीय व्यवसायियों और प्रबुद्ध जनों से बात की। बैठक के बाद पत्रकारों से बात करते हुए उन्होंने आगामी एमएलसी चुनाव में एनडीए उम्मीदवारों की रिकॉर्ड जीत का दावा किया। इसके साथ ही विपक्षी दलों पर तीखे राजनीतिक हमले किए। संजीव चौरसिया ने कहा कि व्यावसायिक वर्ग हमेशा से एक समझदार और बुद्धिजीवी वर्ग की श्रेणी में आता है, और इस क्षेत्र के मतदाता भी पूरी तरह प्रबुद्ध हैं। बैठक के दौरान सभी व्यवसायियों और बुद्धिजीवियों ने एकसुर में एनडीए के प्रत्याशियों को अपना पूर्ण समर्थन देने की घोषणा की है। ‘चुनाव में जनसुराज का कोई भी प्रभाव या असर देखने को नहीं मिलने वाला’ उन्होंने स्पष्ट किया कि स्नातक निर्वाचन क्षेत्र से एनडीए समर्थित उम्मीदवार सर्वेश कुमार और शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र से घनश्याम राय चुनाव मैदान में हैं। जिन्हें सभी का भरपूर आशीर्वाद मिल रहा है। उन्होंने कहा कि बिहार के समग्र विकास और जनता के विश्वास को मजबूत करने के लिए राज्य सरकार जिस निष्ठा और गति से काम कर रही है, उसे देखते हुए तमाम प्रबुद्ध मतदाता एनडीए प्रत्याशियों के पक्ष में मतदान करेंगे। उन्होंने शिक्षा के क्षेत्र में सरकार द्वारा उठाए गए कदमों की सराहना करते हुए सभी मतदाताओं से एनडीए के पक्ष में मुहर लगाने का आह्वान किया। संजीव चौरसिया ने कहा कि इस चुनाव में जनसुराज का कोई भी प्रभाव या असर देखने को नहीं मिलने वाला है। बिहार सरकार जनहित की योजनाओं, बुनियादी ढांचे और शिक्षा के क्षेत्र में धरातल पर काम कर रही है, उससे जनता संतुष्ट है। ‘चुनाव किसी को भटकाने, लटकाने या बहकाने वाला नहीं है’ संजीव चौरसिया ने कहा कि यह चुनाव किसी को भटकाने, लटकाने या बहकाने वाला नहीं है, बल्कि विकास और प्रगति पर मुहर लगाने वाला है। उन्होंने विश्वास जताया कि एनडीए के पक्ष में न केवल बेगूसराय, बल्कि पूरे बिहार में जगह-जगह से भारी जनसमर्थन मिल रहा है और इस चुनाव में भी एनडीए की ऐतिहासिक जीत तय है। वोट चोरी और एसआईआर को लेकर किए जा रहे विरोध प्रदर्शनों और आंदोलनों पर उन्होंने कहा कि विपक्ष पहले भी इस तरह के हथकंडे अपना चुका है। बिहार की सड़कों पर वोट चोरी के नाम पर आंदोलन करके लोग पहले भी देख चुके हैं, लेकिन जनता ने उन्हें पूरी तरह नकार दिया और इन आंदोलनों का कोई फायदा नहीं हुआ। जो नाम मतदाता सूची से छूट गए हैं, उन्हें जोड़ने का सकारात्मक प्रयास किया जाना चाहिए। लेकिन इसके विपरीत विपक्ष सिर्फ संवैधानिक और संसदीय व्यवस्था को चरमराने की साजिश रच रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि विपक्ष का यह रोना महज एक ढोंग है कि देश का संविधान खतरे में है। जबकि हकीकत यह है कि संविधान में बार-बार संशोधन करने और देश को संकट में डालने का काम खुद विपक्ष ने अपने शासनकाल में किया है। बिना किसी प्रशासनिक अनुमति के लगातार इस तरह के आंदोलन करना केवल देश और राज्य की व्यवस्था को अव्यवस्थित करने की सोची-समझी साजिश है, जिसे देश और राज्य की जनता भली-भांति जानती है। महागठबंधन के अंदर चल रहे अंतर्विरोध और चुनावी रणनीतियों को फिक्स करार दिया महागठबंधन के भीतर चल रहे अंतर्विरोध और चुनावी रणनीतियों पर करारा प्रहार करते हुए संजीव चौरसिया ने इसे एक फिक्स मैच करार दिया। उन्होंने कहा कि महागठबंधन के घटक दल एमएलसी चुनाव में भले ही अलग-अलग मैदान में उतरकर अपनी अलग राजनीतिक जमीन तलाश रहे हों, लेकिन वोट चोरी और एसआईआर जैसे मुद्दों पर वे पूरी तरह एकजुट होकर चूहा-बिल्ली का खेल खेलते हैं। यह केवल आपसी घालमेल और तालमेल की राजनीति है, जिसे बिहार की जनता अब और बर्दाश्त नहीं करेगी। उन्होंने कटाक्ष करते हुए कहा कि जनता सब जानती है कि इन्हें कब और कहां डाउन होना है और कब अप होना है। उन्होंने कहा कि देश के हर कोने में एनडीए को जनता का अपार समर्थन मिल रहा है और चुनाव परिणाम भाजपा व एनडीए के पक्ष में आ रहे हैं। इससे विपक्ष पूरी तरह हताश और निराश हो चुका है, जिसके चलते वे अनर्गल और बेतुके मुद्दों को उठाकर समाज में भ्रम फैलाने की असफल कोशिश कर रहे हैं।
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने क्षेत्र पंचायत प्रमुख द्वारा सरकारी धन के गबन में जांच रिपोर्ट पर 14 महीने तक कार्रवाई न करने पर नाराजगी जताई है। कोर्ट की सख्ती और प्रमुख सचिव को व्यक्तिगत रूप से तलब करने के बाद ही विभाग हरकत में आया।
मैहर में शारदीय नवरात्रि पर मां शारदा देवी मंदिर परिसर में बुधवार शाम मध्यप्रदेश सरकार के संस्कृति विभाग की ओर से ‘शक्तिपर्व’ का सांस्कृतिक आयोजन किया गया। देर रात तक चले इस भक्तिमय कार्यक्रम में भक्ति गायन, लोक संगीत और देवी शक्ति पर आधारित नृत्य-नाटिका की प्रस्तुतियों ने पूरे वातावरण को भक्ति से सराबोर कर दिया। मंच पर प्रस्तुत भजनों पर दर्शक झूमने लगे और खास तौर पर ‘जब जिद पर आ गई पार्वती’ गीत ने माहौल में समां बांध दिया। कार्यक्रम की शुरुआत मैहर विधायक श्रीकांत चतुर्वेदी और कलेक्टर बिदिशा मुखर्जी ने मां शारदा के चित्र के सामने दीप जलाकर की। इसके बाद कलाकारों ने देवी आराधना पर आधारित एक से बढ़कर एक सांस्कृतिक प्रस्तुतियां देकर श्रद्धालुओं का दिल जीत लिया। देवी गीतों और नृत्य-नाटिका ने मोहा मन सांस्कृतिक संध्या में लोक भक्ति गायन के तहत रीवा की रीता तिवारी और उनके साथी कलाकारों ने सुरीले देवी गीतों की प्रस्तुति दी। वहीं मुंबई से आए अरविंद कुमार पटेल और उनकी टीम ने मां आदिशक्ति के विभिन्न रूपों पर आधारित नृत्य-नाटिका का जीवंत मंचन किया। इसके बाद गायक रवि त्रिपाठी और उनके साथियों ने भक्ति भजनों से दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया। जैसे ही कलाकारों ने ‘जब जिद पर आ गई पार्वती’ भजन गाना शुरू किया, वहां मौजूद श्रद्धालु उत्साह में आकर झूम उठे। एसपी ने गाया भजन, भक्तिमय हुआ माहौल इस सांस्कृतिक संध्या का सबसे खास और अनोखा आकर्षण मैहर पुलिस अधीक्षक अवधेश प्रताप सिंह की प्रस्तुति रही। उन्होंने खुद मंच संभालते हुए ‘अंगना पधारो महारानी मोरी शारदा भवानी’ भजन गाकर ऐसा समां बांधा कि पूरा मंदिर परिसर तालियों की गड़गड़ाहट से गूंज उठा। प्रशासनिक अधिकारी और श्रद्धालु रहे मौजूद इस भव्य शक्तिपर्व आयोजन में मैहर पुलिस अधीक्षक अवधेश प्रताप सिंह, अपर कलेक्टर रोशन राय, नायब तहसीलदार शिवभूषण सिंह समेत कई वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी, स्थानीय नागरिक और बड़ी संख्या में श्रद्धालु मौजूद रहे। नवरात्रि के इस पावन मौके पर सुर और ताल के संगम से मां शारदा के चरणों में वंदना की गई।
महिला जूनियर इंजीनियर को जबरन शराब पिलाने की कोशिश, जेई सस्पेंड; FIR भी दर्ज
यूपी के सहारनपुर में पीडब्ल्यूडी की एक महिला जेई के साथ गंदी हरकत की गई। आरोपी कोई और नहीं पीडब्ल्यूडी का ही एक जेई है। महिला जेई ने थाने में एफआईआर दर्ज कराई थी। आरोपी जेई को अब सस्पेंड कर दिया गया है। पुलिस भी मामले की जांच कर रही है। यह घटना अभियंता दिवस पर आयोजित रक्तदान शिविर में हुई थी।
ग्वालियर में सितंबर 2023 में कटोराताल चौपाटी पर हुए छात्र शिवांश उर्फ आभास शर्मा हत्याकांड में अदालत ने बड़ा फैसला सुनाया है। प्रथम अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश साबिर अहमद खान की अदालत ने मामले में 9 दोषियों को आजीवन कारावास और जुर्माने की सजा सुनाई है। वहीं, वारदात के बाद आरोपियों को अपनी स्विफ्ट कार में बैठाकर ले जाने वाले 10वें आरोपी को तीन साल के कठोर कारावास से दंडित किया गया है। मामूली बाइक टकराने से शुरू हुए विवाद में 19 वर्षीय शिवांश की चाकू, सरिए और लोहे के हथियारों से हमला कर हत्या कर दी गई थी। मामले में मृतक के बड़े भाई और दोस्त की गवाही के साथ घटना का वीडियो और अन्य साक्ष्य महत्वपूर्ण रहे। एक बाइक की टक्कर से शुरू हुआ विवाद, फोन कर बुलाए साथी घटना 2 सितंबर 2023 की रात की है। शिवांश अपने दोस्त के साथ कटोराताल चौपाटी पर कॉफी पीने पहुंचा था। इसी दौरान उसकी बाइक एक सफेद अपाचे बाइक से हल्की-सी टकरा गई। बात मामूली थी, लेकिन विवाद बढ़ गया। आरोपियों ने फोन कर अपने अन्य साथियों को बुला लिया। कुछ ही देर में कई लोग हथियारों के साथ मौके पर पहुंच गए। इसी बीच शिवांश का बड़ा भाई आयुष और दोस्त वत्सल बीच-बचाव करने पहुंचे। आरोपियों ने तीनों को घेर लिया और उन पर चाकू, सरिए व पत्थरों से हमला कर दिया। हमले में शिवांश के सीने पर गंभीर वार किए गए, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। घटना के दौरान का 21 सेकंड का वीडियो भी सामने आया था, जिसमें सरेआम हुई मारपीट और हमले की तस्वीरें दिखाई दी थीं। इस हत्याकांड के बाद शहर में काफी आक्रोश था। भाई और दोस्त की गवाही ने आरोपियों की पहचान में निभाई अहम भूमिका मामले की सुनवाई के दौरान मृतक के भाई आयुष और दोस्त वत्सल ने अदालत में गवाही दी। दोनों ने घटना के संबंध में अपने बयान दर्ज कराए और आरोपियों की पहचान की। अभियोजन पक्ष ने घटना के वीडियो, मोबाइल कॉल डिटेल रिकॉर्ड (CDR), आरोपियों की लोकेशन से जुड़े साक्ष्य और पुलिस द्वारा जब्त हथियारों सहित अन्य साक्ष्य अदालत के सामने रखे। अभियोजन पक्ष के अनुसार, इन साक्ष्यों ने घटना की कड़ियों को जोड़ने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। अदालत ने साक्ष्यों और गवाहों के बयानों पर विचार करने के बाद 9 आरोपियों को हत्या और हत्या के प्रयास से संबंधित धाराओं में दोषी ठहराया। अदालत के फैसले के बाद मामले में मुख्य आरोपियों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई गई। इन 9 दोषियों को सुनाई आजीवन कारावास की सजा अदालत ने पुष्पेंद्र परिहार, सौरभ खटीक, नरसिंह कुशवाह, नरेंद्र उर्फ किंतु खटीक, देवेंद्र सिंह राणा, आकाश कुशवाह, पीयूष उर्फ फाडू लोधी, श्रीयांश उर्फ सानू जायसवाल और रोहित शर्मा को हत्या और हत्या के प्रयास से संबंधित धाराओं में आजीवन कारावास और जुर्माने की सजा सुनाई। मूल जानकारी में जुर्माने की कुल राशि का उल्लेख नहीं है। आरोपियों को भगाने में मदद करने वाले को 3 साल की सजा मामले में शैलेंद्र उर्फ शैलू गुर्जर को भी सजा सुनाई गई है। आरोप था कि वारदात के बाद उसने आरोपियों को अपनी स्विफ्ट कार में बैठाकर वहां से भगाने में मदद की थी। अदालत ने उसे अपराधियों को शरण देने से संबंधित भारतीय दंड संहिता की धारा 212 के तहत दोषी ठहराते हुए तीन साल के कठोर कारावास की सजा सुनाई। इस तरह अदालत ने हत्याकांड में शामिल 9 दोषियों के साथ ही वारदात के बाद मदद करने वाले आरोपी को भी दंडित किया।
जीरकपुर में स्पा सेंटरों के बाद अब होटलों की आड़ में देह व्यापार का मामला सामने आया है। पुलिस ने त्योहारों के मद्देनजर चलाए जा रहे जांच अभियान के तहत शिवालिक विहार स्थित होटल सुपर सेवन में छापा मारा। इस दौरान होटल मैनेजर समेत पांच लोगों को गिरफ्तार किया गया, जबकि होटल से चार युवतियों को रेस्क्यू कराया गया। पुलिस अधिकारियों के मुताबिक, त्योहारों के दौरान सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने के लिए होटलों और अन्य जगहों पर जांच की जा रही है। स्पा सेंटरों पर कार्रवाई के बाद अब कुछ होटलों में भी ऐसी गतिविधियां सामने आ रही हैं। पुलिस ने मामले में आरोपियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है। रिहायशी इलाकों में होटलों की निगरानी पर सवाल इस घटना के बाद रिहायशी इलाकों में चल रहे होटलों के कामकाज और उन पर प्रशासनिक निगरानी को लेकर सवाल उठ रहे हैं। स्थानीय लोगों ने मांग की है कि ऐसे होटलों की नियमित जांच की जाए। साथ ही, उनके लाइसेंस और नियमों के पालन की भी जांच होनी चाहिए। पुलिस का कहना है कि त्योहारों के दौरान जांच अभियान और तेज किया जाएगा।
नीले ड्रम के बाद सांप कांड पर टिकी निगाहें, मुस्कान-साहिल को फांसी से रविता-अमरदीप की बढ़ी बेचैनी
मेरठ के नीले ड्रम के दो साल बाद हुए सांप कांड भी लोगों को बखूबी याद है। इसमें भी पत्नी प्रेमी संग मिलकर अपने पति को मरवा डाला था। इस मामले में भी भी फैसला आना बाकी है। बुधवार को मुस्कान-साहिल को फांसी की सजा सुनाए जाने की खबर जब जेल में बंद रविता और अमरदीप को लगी तो उनकी बेचैनी बढ़ गई।
जबलपुर में चलती यात्री ट्रेन पर पत्थर फेंककर कांच तोड़ने के मामले में रेलवे सुरक्षा बल (आरपीएफ) ने एक युवक के खिलाफ कार्रवाई की है। घटना के समय उसके साथ एक नाबालिग भी मौजूद था। आरपीएफ ने नाबालिग के माता-पिता को बुलाकर समझाइश दी और संरक्षक का बंधपत्र भरवाने के बाद उसे सौंप दिया। वहीं, युवक नकुल कुंडे के खिलाफ रेलवे एक्ट की धारा 153 और 147 के तहत मामला दर्ज किया गया है। आरपीएफ को बुधवार शाम सूचना मिली कि जबलपुर से अधारताल के बीच ट्रेन नंबर 11651 जबलपुर-सिंगरौली इंटरसिटी एक्सप्रेस के C-1 कोच में बर्थ नंबर 3/4 के पास खिड़की के कांच पर पत्थर मारा गया है। सूचना मिलते ही उपनिरीक्षक प्रवीण कुमार, सहायक उपनिरीक्षक सुखराम बेन और आरक्षक अरुण व संदीप कठेरिया मौके के लिए रवाना हुए। टीम सतपुला ब्रिज के पास डाउन लाइन पर पहुंची, जहां एक युवक नाबालिग के साथ खड़ा था। आरपीएफ को देखकर युवक भागने लगा, लेकिन टीम ने उसे पकड़ लिया। पूछताछ में उसकी पहचान बेलबाग टोरिया निवासी नकुल कुंडे के रूप में हुई। नाबालिग को निशाना बताने के लिए फेंका पत्थर पूछताछ के दौरान नकुल ने बताया कि वह नाबालिग के साथ रेलवे लाइन के किनारे बैठा था। शाम करीब 4:20 बजे जब जबलपुर स्टेशन की ओर से अधारताल की तरफ जा रही इंटरसिटी एक्सप्रेस वहां से गुजरी, तो उसने नाबालिग को निशाना बताने के लिए ट्रैक पर पड़ा पत्थर उठाकर ट्रेन पर फेंक दिया। पत्थर लगने से कोच की खिड़की का कांच टूट गया। आवाज सुनकर यात्रियों में हड़कंप मच गया और आरपीएफ को सूचना दी गई। आरपीएफ के अनुसार, युवक ने पूछताछ में ट्रेन पर पत्थर फेंकने की बात स्वीकार की। चलती यात्री ट्रेन पर पत्थर फेंकने को यात्रियों की सुरक्षा के लिए गंभीर खतरा मानते हुए उसके खिलाफ मामला दर्ज किया गया है। नाबालिग को उसके माता-पिता की मौजूदगी में समझाइश देकर संरक्षक के बंधपत्र पर सौंप दिया गया।
उम्र हो गई, आखिरी दौर चल रहा; ‘VIP कुर्सी’ वाले फोटो पर प्रशांत किशोर का मांझी पर तंज
केंद्रीय मंत्री जीतनराम मांझी के महादलित टोला में कथित वीआईपी कुर्सी पर बैठे हुए फोटो पर प्रशांत किशोर ने कहा कि उनकी अब उम्र हो चुकी है। उनका राजनीति में आखिरी दौर चल रहा है। उन्हें अब जगह खाली कर देनी चाहिए।
जयपुर में गरबा:गरबा के बीच आतिशबाजी, पहले ही दिन रही भारी भीड़
अभिव्यक्ति गरबा महोत्सव का भव्य आतिशबाजी के साथ आगाज किया गया है। पहले ही दिन गरबा में भारी भीड़ रही। इसका वीडियो देखने के लिए कवर इमेज पर क्लिक करें।
जयपुर में गरबा:पहली बार हिस्सा ले रही मधु ने पहना मोरपंख का मुकुट
अभिव्यक्ति गरबा में मधु सोनी पहली बार बतौर स्टूडेंट हिस्सा ले रहीं है। उन्होंने बताया- 1 महीने की क्लास से पहले मुझे डांस के नाम से भी डर लगता था, लेकिन ये मेरे लिए खास अनुभव है। उन्होंने सिर पर मोरपंख का मुकुट पहन रखा था।
जयपुर में गरबा:थीम बेस ड्रेस में आए प्रतिभागी, ब्लू और पिंक ड्रेस पहनी
भास्कर अभिव्यक्ति गरबा महोत्सव में बनी-ठनी ग्रुप ने पिंक थीम को रिप्रजेंट किया। ग्रुप के पुरुषों ने ब्लू और महिलाओं ने पिंक ड्रेस पहनी। इसका वीडियो देखने के लिए कवर इमेज पर क्लिक करें।
जयपुर में गरबा:हरियाणवी, राजस्थानी और गुजराती गानों पर लोग जमकर थिरके
गरबा महोत्सव में हरियाणवी, राजस्थानी और गुजराती गानों पर लोग जमकर थिरके। हर उम्र के लोगों का उत्साह देखते हुए बन रहा था।
अतीक अहमद से खाली कराई जमीन पर कल भूमि पूजन करेंगे CM योगी, गरीबों के लिए बनेंगे फ्लैट
सीएम योगी आदित्यनाथ कल यानी 15 अक्टूबर को प्रयागराज में माफिया अतीक अहमद के कब्जे से खाली कराई गई एक जमीन पर गरीबों के लिए फ्लैट्स का भूमि पूजन करेंगे। इसके साथ ही वह पीपलगांव में प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत बनाए गए 556 फ्लैटों के आवंटियों को चाबी भी सौंपेंगे।
लखनऊ में सिविल डिफेंस लखनऊ कोर की ओर से चीफ वार्डन अमरनाथ मिश्र के नेतृत्व में ला मार्टिनियर बॉयज कॉलेज में फायर सेफ्टी और आपदा प्रबंधन मॉक ड्रिल आयोजित की गई। कार्यक्रम में कॉलेज के प्रधानाचार्य ग्रे डोमिनिक मौजूद रहे। मॉक ड्रिल के दौरान विद्यार्थियों को आग बुझाने, भूकंप और युद्धकालीन आपात स्थिति में सायरन सुनकर सुरक्षित स्थान पर शरण लेने तथा प्राथमिक चिकित्सा का व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया गया। विशेषज्ञों सुमित साहू, रजत द्विवेदी और राजेंद्र श्रीवास्तव ने सामान्य आग, केमिकल फायर और गैस सिलेंडर में लगी आग पर काबू पाने के तरीके बताए। प्रशिक्षण के बाद कॉलेज के 16 विद्यार्थियों ने सीखे गए कौशल का प्रदर्शन किया। उन्होंने कंबल की मदद से केमिकल फायर बुझाने और बिना किसी उपकरण के स्ट्रेचर बनाकर घायलों को सुरक्षित स्थान तक पहुंचाने का अभ्यास किया। इस दौरान डिप्टी चीफ वार्डन गुरुप्रीत सिंह सेठी, ऋतुराज रस्तोगी सहित अन्य वार्डन मौजूद रहे।
मोतिहारी के श्रीकृष्ण नगर मोहल्ले में एक बीटेक छात्र पर चाकू से हमला किया गया। हमले में छात्र साहिल कुमार को पांच जगह चोटें आई हैं। गंभीर रूप से घायल साहिल का इलाज रहमानिया मेडिकल सेंटर में चल रहा है। घायल छात्र ने मोहल्ले के ही सागर कुमार पर चाकू से हमला करने का आरोप लगाया है। वारदात के बाद आरोपी फरार हो गया। मुरादाबाद से घर लौट रहा था छात्र घायल साहिल कुमार, शशि भूषण सिंह के 20 वर्षीय बेटे हैं। साहिल के मुताबिक, वह मुरादाबाद से घर लौट रहे थे। इसी दौरान संतोष सिंह के बेटे सागर कुमार ने उन पर चाकू से हमला कर दिया। आरोप है कि हमलावर ने उनके चेहरे, गर्दन और सीने पर पांच वार किए। अचानक हमले से घायल हुआ युवक साहिल ने घटना की जानकारी परिजनों को दी। इसके बाद परिजन उन्हें इलाज के लिए रहमानिया मेडिकल सेंटर ले गए। घायल छात्र ने बताया कि आरोपी से उनकी पहले कोई दुश्मनी नहीं थी। हमला अचानक किया गया और वारदात के बाद आरोपी मौके से फरार हो गया। पुलिस ने आरोपी की बाइक जब्त की घटना की सूचना मिलने पर नगर थानाध्यक्ष राजीव रंजन के नेतृत्व में पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने आरोपी की बाइक जब्त कर थाने पहुंचा दी है। पुलिस आरोपी सागर कुमार की तलाश में जुटी है। हमले के पीछे की वजह फिलहाल स्पष्ट नहीं हो सकी है।
दुर्गा मंदिरों में उमड़ी श्रद्धालुओं की भीड़:बेगूसराय सदर की मंदिरों की परिसर दीपों से जगमग
बेगूसराय सदर में नवरात्र के चौथे दिन बुधवार शाम को दुर्गा मंदिरों में श्रद्धालुओं की भीड़ दिखी। रजौरा, बगवाड़ा, जगदीशपुर परना और चांदपुरा के मंदिरों में लोगों ने दीप जलाकर मां दुर्गा की पूजा की। परना स्थित सार्वजनिक दुर्गा स्थान, पुरानी दुर्गा स्थान और चितरंजन चौक स्थित सार्वजनिक दुर्गा स्थान चांदपुरा में शाम करीब छह बजे से भीड़ बढ़ने लगी। मंदिर परिसर भक्ति गीतों से गूंजा, दीपों की रोशनी से माहौल भक्तिमय हुआ। दुर्गा पूजा के लिए मंदिरों और आसपास आकर्षक रोशनी की व्यवस्था है। शाम होते ही रंग-बिरंगी लाइटों से पूरा इलाका जगमगा उठा। सजावट देखने और पूजा के लिए लोग पहुंच रहे हैं, जिससे देर शाम तक चहल-पहल रही। मेले की तैयारियां तेज हैं। मंदिर समितियां साफ-सफाई और श्रद्धालुओं की सुविधाओं पर काम कर रही हैं। भीड़ बढ़ने की संभावना को देखते हुए स्थानीय पुलिस सुरक्षा और कानून व्यवस्था को लेकर अलर्ट है।
लखनऊ में ‘गरबा रात्रि 2.0’ होगी आयोजित:17 अक्टूबर को कलारीपयट्टू और भारतीय वेशभूषा का फैशन शो होगा
लखनऊ में वूमेन लाइफ मैटर्स समिति के तत्वावधान में 17 अक्टूबर को हजरतगंज स्थित मोती महल लॉन में ‘गरबा रात्रि 2.0’ का आयोजन किया जाएगा। कार्यक्रम शाम 7 बजे से शुरू होगा। आयोजन का उद्देश्य युवाओं को भारतीय संस्कृति, संस्कार और पारंपरिक परिधानों से जोड़ना है। आयोजन समिति की सदस्य वंदना बंसल, दीपा बंसल, प्रयागमती गुप्ता और प्रीती पांडेय ने पत्रकार वार्ता में बताया कि कार्यक्रम में डांडिया नृत्य, प्राचीन युद्ध कला कलारीपयट्टू और भारतीय वेशभूषा पर आधारित फैशन शो आयोजित किया जाएगा। इसके अलावा उत्तर प्रदेश संगीत नाटक अकादमी के कलाकार सांस्कृतिक प्रस्तुतियां देंगे। आयोजकों के अनुसार, कार्यक्रम में पारंपरिक संस्कृति और मर्यादा पर विशेष ध्यान दिया जाएगा। इसमें राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ और अन्य सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधियों सहित कई प्रमुख हस्तियों के शामिल होने की संभावना है। प्रेस वार्ता में दुर्गेश मिश्रा, उदय भान सिंह, निर्देश दीक्षित और एकता अग्रवाल भी मौजूद रहे।
स्कूल में रोजाना पहनने के लिए एक यूनीफॉर्म पर्याप्त नहीं होती। ऐसे में अभिभावकों को दूसरी यूनीफॉर्म की व्यवस्था भी करनी पड़ती है, जबकि शासन की ओर से मिलने वाली राशि बाजार में कपड़ों की मौजूदा कीमतों के हिसाब से नाकाफी साबित हो सकती है।
मानसा में नशे के खिलाफ आवाज उठाने वाले परविंदर सिंह झोटा की दिनदहाड़े हुई हत्या को लेकर पंजाब में आक्रोश बढ़ गया है। भारतीय किसान यूनियन (एकता उगराहां) और भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने इस घटना की कड़े शब्दों में निंदा करते हुए राज्य की आम आदमी पार्टी सरकार और पुलिस प्रशासन के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। बीकेयू (उगराहां)-सरकार पर हमला, पुलिस-तस्कर गठजोड़ का आरोप बीकेयू (उगराहां) के प्रदेश अध्यक्ष जोगिंदर सिंह उगराहां और जिला तरनतारन के नेताओं ने आरोप लगाया कि पंजाब में नशा तस्करों, राजनीतिक नेताओं और पुलिस प्रशासन की मिलीभगत से नशे का कारोबार फल-फूल रहा है। उन्होंने कहा कि सरकार का 'युद्ध नशों के विरुद्ध' अभियान पूरी तरह खोखला साबित हुआ है। संगठन ने हत्यारों और उनके सरपरस्तों को तुरंत गिरफ्तार करने की मांग की और आम जनता से नशे के खिलाफ व्यापक जनआंदोलन खड़ा करने की अपील की। भाजपा का तरनतारन में जोरदार प्रदर्शन और ज्ञापन उधर, भाजपा नेता हरजीत सिंह संधू और जिला प्रधान सतनाम सिंह भुल्लर की अगुवाई में कार्यकर्ताओं ने भगवंत मान सरकार के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने तरनतारन के डिप्टी कमिश्नर को ज्ञापन सौंपकर पीड़ित परिवार के लिए इंसाफ की मांग की। संधू ने कहा कि राज्य में सरेआम हो रही हत्याओं और गोलीबारी से आम लोग अपनी सुरक्षा को लेकर बेहद चिंतित हैं। कानून-व्यवस्था और नशे पर सख्त कार्रवाई की मांग दोनों संगठनों ने एक सुर में राज्य में चरमराती कानून-व्यवस्था पर गंभीर सवाल उठाए। भाजपा और किसान नेताओं ने कहा कि सरकार की जिम्मेदारी महज बयानबाजी तक सीमित नहीं रहनी चाहिए, बल्कि अपराधियों में कानून का खौफ पैदा करना और नशा तस्करों पर लगाम लगाना आवश्यक है। उन्होंने परविंदर सिंह झोटा के हत्यारों को कठोर सजा दिलाने और प्रदेश को भयमुक्त माहौल देने की पुरजोर मांग की।
नीमच में पटाखा बाजार को नंबर 2 स्कूल मैदान से हटाकर पीजी कॉलेज ग्राउंड में शिफ्ट करने के फैसले के खिलाफ व्यापारियों का गुस्सा बढ़ता ही जा रहा है। अपनी मांगों को लेकर पटाखा व्यापारी भारत माता चौराहे पर दूसरे दिन भी धरने पर बैठे रहे। मंगलवार को व्यापारियों ने कलेक्ट्रेट पहुंचकर कलेक्टर को ज्ञापन भी सौंपा था। मामले में एसडीएम पराग जैन का कहना है कि सुरक्षा मानकों और नियमों का पालन कराने के लिए ही पटाखा बाजार को पीजी कॉलेज ग्राउंड में शिफ्ट किया गया है, क्योंकि वहां पर्याप्त जगह और सुविधाएं उपलब्ध हैं। हालांकि व्यापारी इस जगह पर दुकानें लगाने को बिल्कुल तैयार नहीं हैं। अंधेरे और एक ही रास्ते को लेकर जताया एतराज धरने पर बैठे व्यापारी रामगोपाल ने प्रशासन के रवैये पर नाराजगी जताते हुए कहा कि दो दिन से प्रदर्शन चल रहा है, लेकिन अब तक प्रशासन का कोई भी जिम्मेदार अधिकारी बात करने नहीं आया। व्यापारियों का तर्क है कि पीजी कॉलेज ग्राउंड चारों तरफ से अंधेरे में रहता है और वहां आने-जाने का केवल एक ही रास्ता है, जो सुरक्षा के लिहाज से ठीक नहीं है। व्यापारियों की मांग है कि हर साल की तरह इस बार भी पटाखा बाजार शहर के बीच स्थित नंबर 2 स्कूल मैदान में ही लगाया जाए। व्यापारियों का कहना है कि वे लगभग 109 दुकानों का लेआउट पहले ही प्रशासन को सौंप चुके हैं। उनका सुझाव है कि यदि क्रमांक 2 स्कूल में जगह कम पड़ती है, तो जीवाजी राव छात्रावास परिसर में भी दुकानें लगाई जा सकती हैं। लाइसेंस के आवेदन न भरने का लिया फैसला इधर, प्रशासन ने 15 अक्टूबर से 22 अक्टूबर तक अस्थायी पटाखा दुकानों के लाइसेंस के लिए ऑनलाइन आवेदन मांगे हैं। इसके जवाब में पटाखा व्यापारी एसोसिएशन ने सर्वसम्मति से फैसला किया है कि कोई भी व्यापारी लाइसेंस के लिए आवेदन फॉर्म नहीं भरेगा। व्यापारियों ने साफ चेतावनी दी है कि यदि उनकी मांगें नहीं मानी गईं, तो इस बार नीमच शहर में पटाखा बाजार ही नहीं लगेगा और उनका यह धरना दिवाली तक लगातार जारी रहेगा।
छत्तीसगढ़: 'सुकमा कनेक्ट 2.0' से मिलेगी ज्यादा सरकारी सुविधाएं, देश के 14 चयनित प्रस्तावों में शामिल
सरकारी सेवाओं की पहुंच बढ़ाने की सुकमा जिले की पहल ‘सुकमा कनेक्ट 2.0’ को राष्ट्रीय स्तर पर पहचान मिली है।
किशनगंज के बहादुरगंज नगर पंचायत के वार्ड नंबर 11 में चोरों ने एक सूने मकान को निशाना बनाकर लाखों रुपये के सोने-चांदी के जेवरात और नकदी चुरा ली। गृहस्वामी अपनी बीमार पत्नी का इलाज कराने मधेपुरा गए हुए थे। घर लौटने पर उन्हें चोरी की जानकारी मिली। घटना के बाद इलाके में दहशत और आक्रोश का माहौल है। पीड़ित ने बुधवार शाम बहादुरगंज थाना में लिखित शिकायत दी। मुख्य दरवाजे का ताला तोड़कर घर में घुसे चोर जानकारी के अनुसार, गृहस्वामी संतोष प्रधान पत्नी के इलाज के सिलसिले में मधेपुरा गए थे। घर में किसी के मौजूद नहीं होने का फायदा उठाकर चोरों ने मुख्य द्वार का ताला तोड़ दिया। इसके बाद घर के अंदर रखी अलमारी और बक्से के ताले तोड़कर कीमती जेवरात और नकदी लेकर फरार हो गए। पड़ोसियों ने दी घर का ताला टूटने की सूचना बुधवार को पड़ोसियों ने मकान का मुख्य दरवाजा टूटा देखा तो उन्हें चोरी की आशंका हुई। उन्होंने तुरंत मधेपुरा में मौजूद संतोष प्रधान को इसकी जानकारी दी। सूचना मिलने पर गृहस्वामी घर पहुंचे। अंदर सारा सामान बिखरा पड़ा था। घर की हालत देखकर वह हैरान रह गए। पुलिस ने घटनास्थल का किया निरीक्षण घटना की सूचना मिलने पर बहादुरगंज थाना पुलिस मौके पर पहुंची और घटनास्थल का निरीक्षण कर साक्ष्य जुटाने में जुट गई। स्थानीय वार्ड पार्षद संजय भारती ने भी पीड़ित परिवार से मुलाकात की। उन्होंने पुलिस प्रशासन से जल्द चोरी का खुलासा करने और आरोपियों को गिरफ्तार करने की मांग की। तकनीकी जांच और छापेमारी में जुटी पुलिस बहादुरगंज थानाध्यक्ष सुनील कुमार ने बताया कि पीड़ित की शिकायत पर मामला दर्ज कर लिया गया है। पुलिस तकनीकी पहलुओं की जांच करने के साथ संभावित ठिकानों पर छापेमारी कर रही है। उन्होंने जल्द ही मामले का खुलासा करने की बात कही है।
बलौदाबाजार जिले में रायपुर-पलारी मार्ग पर हुए सड़क हादसे में तीन युवकों की मौत हो गई। सोमवार देर रात घोटिया मोड़ के पास तेज रफ्तार बाइक सड़क किनारे खड़े ट्रक में जा घुसी थी। हादसे में बाइक सवार तीनों युवक गंभीर रूप से घायल हो गए थे। इनमें से प्रेम धीवर (18) की सोमवार को ही बलौदाबाजार अस्पताल में मौत हो गई थी। वहीं, गंभीर हालत में रायपुर रेफर किए गए राज धीवर (18) और खिलेश्वर धीवर (18) ने बुधवार को इलाज के दौरान दम तोड़ दिया। तीनों युवक मौसेरे भाई थे और नवरात्रि के मौके पर पलारी आ रहे थे। तेज रफ्तार बाइक खड़े ट्रक में घुसी जानकारी के मुताबिक, हादसा सोमवार देर रात पलारी थाना क्षेत्र के घोटिया मोड़ के पास हुआ। तीनों युवक बाइक से दौदे से पलारी आ रहे थे। इसी दौरान तेज रफ्तार बाइक सड़क किनारे खड़े ट्रक में जा घुसी। टक्कर इतनी जोरदार थी कि तीनों युवक गंभीर रूप से घायल हो गए। घटना की सूचना मिलने पर पलारी पुलिस मौके पर पहुंची और घायलों को अस्पताल पहुंचाया। प्रेम धीवर की बलौदाबाजार अस्पताल में इलाज के दौरान मौत हो गई। वहीं, राज धीवर और खिलेश्वर धीवर की गंभीर हालत को देखते हुए उन्हें रायपुर रेफर किया गया था। रायपुर के अस्पताल में दो युवकों की मौत राज धीवर और खिलेश्वर धीवर का रायपुर के डीकेएस अस्पताल में इलाज चल रहा था। बुधवार को इलाज के तीसरे दिन दोनों की मौत हो गई। पोस्टमार्टम के बाद दोनों के शव परिजनों को सौंप दिए गए। देर रात शव गांव लाए गए। गुरुवार सुबह उनका अंतिम संस्कार किया जाएगा। तीनों की उम्र 18 साल थी हादसे में जान गंवाने वाले तीनों युवकों की उम्र 18 साल थी। प्रेम धीवर और खिलेश्वर धीवर कोरासी गांव के रहने वाले थे, जबकि राज धीवर पलारी में रहता था। तीनों आपस में मौसी के परिवार से रिश्तेदार थे। प्रेम के पिता दौदे में होटल चलाते हैं। प्रेम भी पिता के साथ होटल में काम करता था। तीनों नवरात्रि के मौके पर पलारी आ रहे थे, तभी यह हादसा हो गया। घटना के बाद से परिवार के लोगों का रो-रोकर बुरा हाल है। घोटिया मोड़ पर पहले भी हो चुके हैं हादसे घोटिया मोड़ को हादसों के लिहाज से खतरनाक जगह यानी ब्लैक स्पॉट माना जाता है। यहां लापरवाही के कारण अक्सर सड़क हादसे होते रहते हैं। पलारी थाना प्रभारी प्रियस जान ने बताया कि हादसा पलारी थाना क्षेत्र में हुआ है, लेकिन तीनों की मौत अलग-अलग जगह पर हुई है। संबंधित मर्ग डायरी मिलने के बाद मामले की जांच आगे बढ़ाई जाएगी। उन्होंने लोगों से ट्रैफिक नियमों का पालन करने और बाइक चलाते समय हेलमेट पहनने की अपील की है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
राजस्थान हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश संजय के. अग्रवाल और न्यायाधीश बलजिंदर सिंह संधू की खंडपीठ ने खुद संज्ञान लेकर दर्ज जनहित याचिका पर सुनवाई की। राज्य सरकार ने बताया कि पांचों जिलों के लिए विकास प्राधिकरण अपीलीय अधिकरणों का गठन हो चुका है, पर पीठासीन अधिकारियों की नियुक्ति नहीं हुई है। सरकार ने अदालत को भरोसा दिलाया कि नियुक्ति प्रक्रिया जल्द पूरी होगी। इस पर खंडपीठ ने सरकार को संबंधित पदों पर नियुक्ति के लिए दो महीने का समय दिया। कोर्ट ने साफ किया कि कोटा, उदयपुर, भरतपुर, बीकानेर और अजमेर में गठित अधिकरणों के सही संचालन के लिए नियुक्तियां जरूरी हैं। मामले की अगली सुनवाई 1 दिसंबर 2026 को होगी। याचिकाकर्ता की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता आनंद पुरोहित, अधिवक्ता अनिल भंडारी, दिलीप सिंह उदावत, शीतल कुंभट और सीएस जोधा मौजूद थे। राज्य सरकार की ओर से महाधिवक्ता राजेंद्र प्रसाद और अतिरिक्त महाधिवक्ता राजेश पंवार ने अपनी बात रखी।
देशभर में चर्चित नीले ड्रम हत्याकांड में बुधवार को दोषी मुस्कान और साहिल को मृत्युदंड सुनाए जाने के बाद अधिवक्ताओं ने फैसले का स्वागत किया। फैसला सुनते ही कोर्ट रूम में मौजूद अधिवक्ताओं ने तालियां बजाईं और मिठाई बांटकर खुशी जताई। अधिवक्ताओं का कहना था कि इस फैसले से समाज में कड़ा संदेश जाएगा। साथ ही ऐसे अपराध करने वालों को भी कानून का डर रहेगा। मेरठ में हुए इस हत्याकांड ने पूरे देश का ध्यान खींचा था। अधिवक्ताओं ने कहा कि अदालत के फैसले से न्याय व्यवस्था के प्रति लोगों का भरोसा मजबूत होगा और भविष्य में इस तरह के अपराधों को रोकने में मदद मिल सकती है। न्यायालय ने न्यायहित में सही फैसला सुनाया मेरठ बार एसोसिएशन के सदस्य एडवोकेट एसके दीक्षित ने कहा कि बुधवार को आया फैसला ऐतिहासिक है। माननीय न्यायाधीश ने दोनों दोषियों को फांसी की सजा सुनाकर न्यायहित में निर्णय लिया है। इससे समाज में एक संदेश जाएगा कि इस तरह के अपराध करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा। मेरठ में जिस तरह का घिनौना अपराध हुआ, उसकी गंभीरता को देखते हुए यह फैसला महत्वपूर्ण है। उन्होंने कहा कि इस निर्णय से छोटे से लेकर बड़े अपराध करने वालों के मन में भी कानून का डर पैदा होगा। यह पूरे देश के लिए एक संदेश है। न्यायाधीश ने जो न्याय दिया है, उससे लोग प्रसन्न हैं और पीड़ित परिवार भी खुश है। मामले में बच्ची के भविष्य और उसकी परवरिश को लेकर उठ रहे सवालों पर एसके दीक्षित ने कहा कि बच्ची छोटी है, यह बात बिल्कुल सही है, लेकिन उसके भविष्य को अपराध से जोड़कर देखना उचित नहीं होगा। अपराध की गंभीरता और बच्ची के भविष्य को अलग-अलग नजरिए से देखना चाहिए। उन्होंने कहा कि वह एक अधिवक्ता के तौर पर जितना समझते हैं और अदालत में जो कार्यवाही उन्होंने देखी है, उसके आधार पर न्यायाधीश ने सही निर्णय दिया है। इसे केवल भावनात्मक नजरिए से नहीं देखा जाना चाहिए। बच्ची की उम्र और उसका भविष्य अपनी जगह है, लेकिन अपराध के लिए दी गई सजा पर विचार करते समय अपराध की गंभीरता भी महत्वपूर्ण है। पूरे देश में चर्चित हुआ मामला पूर्व शासकीय अधिवक्ता और मेरठ बार एसोसिएशन के पूर्व महामंत्री मुकेश मित्तल ने कहा कि जब दोनों दोषियों की सजा पर बहस हो रही थी, तब वह न्यायालय में मौजूद थे। उन्होंने कहा कि अभियोजन पक्ष की ओर से महत्वपूर्ण तर्क रखे गए। यह मामला केवल मेरठ तक सीमित नहीं रहा, बल्कि पूरे देश और दुनिया में नीले ड्रम हत्याकांड के नाम से चर्चित हुआ। मुकेश मित्तल ने कहा कि घटना के बाद समाज में इस तरह के अपराधों को लेकर काफी चर्चा हुई। यदि ऐसे अपराधों में कड़ी सजा नहीं मिलती, तो अपराध करने वालों के मन में यह विचार आ सकता है कि कुछ भी करने के बाद उन्हें कोई फर्क नहीं पड़ेगा। उन्होंने कहा कि न्यायालय के इस फैसले से ऐसे लोगों को संदेश मिलेगा कि अपराध करने पर कानून के तहत सजा का सामना करना पड़ सकता है। उन्होंने यह भी कहा कि मामले में प्रत्यक्ष साक्ष्य नहीं होने के बावजूद पुलिस और प्रशासन ने जांच तथा अभियोजन के स्तर पर काम किया।उन्होंने कहा कि यह फैसला उन लोगों के लिए नजीर बनेगा, जो इस तरह के अपराधों में शामिल होने के बारे में सोचते हैं या पहले से ऐसे अपराधों से जुड़े हैं। उनके मुताबिक, सजा का संदेश भविष्य में अपराध करने वालों को ऐसा कदम उठाने से रोकने में मदद कर सकता है। पहले दिन से मामले को देख रहा था, फैसले से बनेगी नजीर अधिवक्ता बलराम सोम ने कहा कि उन्होंने इस केस को पहले दिन से देखा और समझा है। उन्होंने पहले भी कहा था कि जिस प्रकार की निर्मम हत्या हुई, उसमें कड़ी सजा दी जा सकती है। उन्होंने मुकदमे की लंबी सुनवाई, गवाहों के बयान और अदालत में हुई कार्यवाही का उल्लेख करते हुए कहा कि इस मामले में 22 गवाहों के बयान और 129 पेशियों के बाद फैसला आया है। उनके अनुसार, यह निर्णय भविष्य में ऐसे मामलों के लिए नजीर पेश कर सकता है। उन्होंने फैसले के दौरान न्यायाधीश की ओर से महाभारत के श्लोक का उल्लेख किए जाने की बात भी कही। बलराम सोम के अनुसार, न्यायाधीश ने अपने निर्णय की शुरुआत महाभारत के श्लोक से की और दंड देने को धर्म से जोड़ते हुए अपराध की गंभीरता पर टिप्पणी की। उन्होंने बताया कि अदालत ने दोनों दोषियों को मृत्युदंड के साथ 50 हजार रुपये और 20 हजार रुपये के आर्थिक दंड से भी दंडित किया। इस तरह कुल 70 हजार रुपये के आर्थिक दंड का उल्लेख किया गया। बलराम सोम ने कहा कि उनके अनुसार, अदालत ने अपराध की गंभीरता को ध्यान में रखते हुए फैसला सुनाया है और यह निर्णय ऐसे मामलों में एक उदाहरण बन सकता है। फैसले से समाज में पहुंचेगा कानून का संदेश अधिवक्ता सुरेंद्र सिंह चौहान ने कहा कि जिला जज साहब ने बहुत अच्छा फैसला सुनाया है। उन्होंने कहा कि जिस तरह का कृत्य इस मामले में किया गया, उसके बाद समाज में इस तरह की घटनाओं को लेकर डर और चिंता का माहौल था। लोगों के मन में सवाल था कि ऐसे अपराधों में दोषियों को किस तरह की सजा मिलेगी। उन्होंने कहा कि अदालत के इस निर्णय से समाज में संदेश जाएगा कि अपराध करने वालों को कानून के तहत सजा मिल सकती है। इस तरह के फैसलों से लोगों में न्याय व्यवस्था के प्रति विश्वास बढ़ता है। उन्होंने उम्मीद जताई कि अदालत के निर्णय से ऐसे अपराधों पर अंकुश लगाने में मदद मिलेगी और लोग कानून को गंभीरता से लेंगे। मृत्युदंड का फैसला बना मिसाल अधिवक्ता नसीब सैफी ने कहा कि बुधवार को माननीय न्यायाधीश ने मुस्कान और साहिल को मृत्युदंड की सजा सुनाई है। उनके अनुसार, यह फैसला ऐसे मामलों में एक नजीर के रूप में देखा जाएगा। उन्होंने कहा कि मुकदमे के दौरान दोषियों को कड़ी सजा दिए जाने की मांग उठाई जा रही थी और बुधवार को अदालत ने अपना निर्णय सुना दिया। नसीब सैफी ने कहा कि इस मामले का फैसला आने के बाद यह चर्चा का विषय बना हुआ है। उनके अनुसार, इस तरह के अपराधों में अदालत की ओर से सुनाया गया फैसला समाज में कानून के प्रति जागरूकता बढ़ाने और अपराध करने वालों को सजा का संदेश देने का काम करेगा। फैसला सुनते ही कोर्ट रूम में बजाईं तालियां नीले ड्रम हत्याकांड में मुस्कान और साहिल को मृत्युदंड सुनाए जाने के बाद कोर्ट रूम में मौजूद अधिवक्ताओं ने प्रतिक्रिया दी। जैसे ही न्यायाधीश ने फैसला सुनाया, वहां मौजूद अधिवक्ताओं ने तालियां बजाईं। इसके बाद अधिवक्ताओं ने मिठाई भी बांटी। अधिवक्ताओं का कहना था कि लंबे समय से चर्चित इस मामले में फैसला आने के बाद न्यायिक प्रक्रिया के एक महत्वपूर्ण चरण का समापन हुआ है। अधिवक्ताओं ने कहा कि यह मामला केवल एक परिवार तक सीमित नहीं रहा, बल्कि पूरे देश में इसकी चर्चा हुई। इसलिए इस मामले में सुनाए गए फैसले को लेकर लोगों की नजरें अदालत की कार्यवाही पर थीं। अधिवक्ताओं के अनुसार, फैसले से यह संदेश गया है कि गंभीर अपराधों में अदालत साक्ष्यों और कानूनी प्रक्रिया के आधार पर निर्णय लेती है। उन्होंने कहा कि इस निर्णय को भविष्य में ऐसे मामलों के संदर्भ में याद किया जाएगा।
कुशीनगर के फाजिलनगर ब्लॉक के बलियवां गांव में विकास कार्यों में भ्रष्टाचार की शिकायत करने वाले दो भाइयों के साथ मारपीट का मामला सामने आया है। आरोप है कि ग्राम प्रधान और उनके 20-25 समर्थकों ने ब्लॉक अधिकारियों के सामने ही दोनों भाइयों की पिटाई कर दी। घटना में घायल मो. सरफुद्दीन को जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जबकि उनके छोटे भाई फैयाज के भी गंभीर रूप से घायल होने की बात कही गई है। भ्रष्टाचार की शिकायत की जांच करने पहुंची थी टीम बलियवां गांव में विकास कार्यों में भ्रष्टाचार की शिकायत ग्रामीणों की ओर से एसडीएम कसया से की गई थी। इसी शिकायत की जांच के लिए बुधवार दोपहर करीब 3 बजे बीडीओ रवि कुमार रंजन और एडीओ पंचायत राजेश गुप्ता गांव पहुंचे थे। ग्रामीणों के मुताबिक, जांच टीम के साथ पुलिस बल मौजूद नहीं था। मो. सरफुद्दीन ने बताया कि अधिकारियों ने उन्हें फोन करके बुलाया था। उनके अनुसार, मौके पर पहुंचते ही ग्राम प्रधानऔर उनके साथ आए 20-25 लोगों ने उन पर और उनके छोटे भाई फैयाज पर हमला कर दिया। सीएचसी से जिला अस्पताल पहुंचे घायल मारपीट में घायल भाइयों को पहले स्थानीय सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) ले जाया गया। इसके बाद शाम करीब 7 बजे उन्हें जिला अस्पताल पहुंचाया गया। पीड़ित पक्ष की ओर से घटना का वीडियो भी उपलब्ध कराया गया है। पुलिस बोली- सूचना नहीं दी गई थी चौराखास थानाध्यक्ष महेंद्र प्रजापति ने बताया कि जांच टीम ने पुलिस को पहले से सूचना नहीं दी थी। मारपीट की सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची, लेकिन तब तक मामला शांत हो चुका था। उन्होंने कहा कि तहरीर मिलने पर नियमानुसार कानूनी कार्रवाई की जाएगी। वहीं, जांच अधिकारी बीडीओ रवि कुमार रंजन से संपर्क करने की कोशिश की गई, लेकिन उनका फोन नहीं उठा।
अमृतसर। सुल्तानविंड रोड पर तरनतारन फ्लाईओवर पर टर्न लेते समय धान से भरा एक ट्रक पलट गया। ट्रक में लदी धान की बोरियां फ्लाईओवर के नीचे मौजूद थाने के परिसर और आसपास जा गिरीं। हादसे में किसी तरह का जानी नुकसान नहीं हुआ, लेकिन थाने के बाहर खड़े वाहनों और मोटरसाइकिलों को नुकसान पहुंचा। धान की बोरियां गिरने से काफी धान सड़क और आसपास बिखर गया। ट्रक चालक गुरजीत सिंह ने बताया कि वह ट्रक को मोड़ रहा था, तभी वाहन पलट गया और उसमें लदी धान की बोरियां नीचे गिर गईं। अचानक हुए इस हादसे से मौके पर अफरा-तफरी मच गई। गनीमत रही कि हादसे के दौरान कोई व्यक्ति इसकी चपेट में नहीं आया और जानी नुकसान होने से बचाव रहा ओर मौके पर ही पुलिस मामले की जांच के लिए पहुंच गई। मजदूर बुलाकर इकट्ठा किया धान हादसे के बाद मौके पर मजदूरों को बुलाया गया, जिन्होंने बिखरे हुए धान को इकट्ठा किया। ट्रक को हटाने और स्थिति को संभालने के लिए जेसीबी व हाइड्रा मशीन भी मंगवाई गई। इस दौरान पुलिस ने मौके पर पहुंचकर घटनास्थल का जायजा लिया और हादसे से हुए नुकसान की जांच की। इस मार्ग पर भारी वाहनों की आवाजाही सुल्तानविंड रोड और तरनतारन फ्लाईओवर पर भारी वाहनों की आवाजाही बनी रहती है। ऐसे में टर्न लेते समय ट्रक पलटने की इस घटना ने एक बार फिर भारी वाहनों की सुरक्षित आवाजाही को लेकर सवाल खड़े किए हैं। फिलहाल हादसे में हुए नुकसान का आकलन किया जा रहा है।
अंकिता भंडारी के माता-पिता से मिलने इंडिया गेट पहुंचे राहुल
कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष तथा लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी बुधवार देर शाम इंडिया गेट पहुंचे और वहां धरने पर बैठे उत्तराखंड की अंकिता भंडारी के माता-पिता से मुलाकात की
संभल में दहेज में स्कॉर्पियो N गाड़ी की मांग को लेकर टला निकाह चार दिन बाद हो गया। बुधवार रात करीब 7 बजे दूल्हा राहत अली 50 लोगों के साथ बारात लेकर दुल्हन के घर पहुंचा। दोनों परिवारों के बीच पुलिस में शिकायत और पंचायत के बाद समझौता हुआ। इसके बाद निकाह की रस्में पूरी की गईं। निकाह से 20 मिनट पहले बारात लाने से किया था इनकार मामला संभल तहसील के ऐंचौड़ा कम्बोह थाना क्षेत्र के गांव ज्ञानपुर सिसौना और रायसत्ती थाना क्षेत्र के गांव परियावली का है। परियावली निवासी रियासत अली की बेटी का निकाह ज्ञानपुर सिसौना निवासी इरशाद अली के बेटे राहत अली से तय हुआ था। 11 अक्टूबर को शाम 4 बजे निकाह होना था। आरोप है कि निकाह से करीब 20 मिनट पहले राहत अली ने दहेज में गाड़ी की मांग को लेकर बारात लाने से इनकार कर दिया। इसके बाद उसका मोबाइल फोन भी बंद हो गया था। ढाई साल पहले शादी में हुई थी मुलाकात दोनों की मुलाकात करीब ढाई साल पहले एक शादी समारोह में हुई थी। इसके बाद दोनों के बीच प्रेम संबंध हो गए और परिवारों की सहमति से निकाह तय हुआ था। दुल्हन निकाह के लिए तैयार थी, लेकिन तय समय पर बारात नहीं पहुंचने से परिवार की खुशियां चिंता में बदल गईं। पंचायत के बाद दोनों परिवारों में बनी सहमति 13 अक्टूबर को मंडलाई गांव में दोनों पक्षों की पंचायत हुई। इसके बाद समझौते की राह निकली और बुधवार को निकाह संपन्न हुआ। असमोली सीओ अमन सिंह ने बताया कि दोनों पक्षों के बीच समझौता हो गया है। उन्होंने समझौतानामा दिया है और कोई भी पक्ष एक-दूसरे के खिलाफ कार्रवाई नहीं चाहता। दूसरी शादी भी निकाह टलने से हुई थी प्रभावित परिवारों के मुताबिक, 12 अक्टूबर को इफ्तेखार ने अपने बेटे शाने आलम का निकाह राहत अली की बहन मौज्जम से तय किया था। परियावली की युवती का निकाह नहीं होने के कारण शाने आलम का निकाह भी टाल दिया गया था। अब यह निकाह 15 अक्टूबर को होना है।
सुकमा जिले के बुरकलंका गांव में मंगलवार शाम एक मानसिक रूप से अस्वस्थ व्यक्ति ने अपने चाचा समेत ग्रामीणों पर धारदार हथियार से हमला कर दिया। इस घटना में कुल 8 ग्रामीण घायल हो गए। हमले के कुछ देर बाद आरोपी मुचाकी कोसा की भी मौत हो गई। यह मामला किस्टाराम थाना क्षेत्र का है। पुलिस के मुताबिक, वह कई दिनों से भूखा-प्यासा था और काफी कमजोर हो गया था। हालांकि, उसकी मौत की असली वजह पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही स्पष्ट होगी। पुलिस से मिली जानकारी के मुताबिक, 13 अक्टूबर की शाम करीब 5 बजे मुचाकी कोसा ने अचानक धारदार हथियार (बांडा) से अपने चाचा मुचाकी सुकड़ी की गर्दन पर वार कर दिया। इसके बाद उसने दूसरे ग्रामीणों पर भी हमला किया। इस दौरान कुल 8 लोग घायल हो गए। घटना के बाद गांव में अफरा-तफरी मच गई। कुछ देर बाद अचेत होकर गिरा, फिर हुई मौत हमले के कुछ देर बाद मुचाकी कोसा अचानक अचेत होकर गिर पड़ा। इसके बाद उसकी मौत हो गई। पुलिस की शुरुआती जांच में सामने आया है कि वह कई दिनों से खाना नहीं खा रहा था और शारीरिक रूप से काफी कमजोर हो गया था। ऐसे में आशंका जताई जा रही है कि उसकी मौत कमजोरी के कारण हुई होगी। हालांकि, मौत की असली वजह पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही पता चलेगी। सभी घायल खतरे से बाहर घटना की सूचना मिलते ही किस्टाराम थाना पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति को संभाला। घायलों को प्राथमिक उपचार के बाद बेहतर इलाज के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) कोंटा में भर्ती कराया गया है। पुलिस के मुताबिक, सभी घायलों की हालत स्थिर है और वे खतरे से बाहर हैं। पुलिस ने मुचाकी कोसा के शव का पंचनामा कर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। मामले में मर्ग कायम कर जांच शुरू कर दी गई है। फिलहाल गांव में स्थिति शांतिपूर्ण है और हालात नियंत्रण में हैं।

