बलौदाबाजार हिंसा मामले में 'जोहार छत्तीसगढ़' पार्टी प्रमुख अमित बघेल को पुलिस दो दिनों की रिमांड पर लेकर उनके रायपुर स्थित निवास पहुंची। सबूत जुटाने की इस कानूनी प्रक्रिया के दौरान बघेल की 14 वर्षीय बेटी आयुषी ने अपने पिता को 'लव यू पापा' कहकर विदा किया, जिससे वहां मौजूद लोग भावुक हो गए। बुधवार देर रात पुलिस का वाहन बघेल के कंचनगंगा फेज-2 स्थित निवास के सामने रुका। पुलिस अधिकारियों ने उन्हें वाहन से उतारकर आवास में प्रवेश किया, जहां साक्ष्य जुटाने की प्रक्रिया शुरू की गई। इस दौरान घर के भीतर उनके परिवार के सदस्य मौजूद थे। इसी बीच, बघेल की 14 वर्षीय बेटी आयुषी सामने आई। उसने अपने पिता की ओर देखते हुए दृढ़ता से कहा, “लव यू पापा, आप अच्छे से रहना।” यह सुनकर अमित बघेल के चेहरे पर हल्की मुस्कान आ गई और उन्होंने जवाब दिया, “लव यू बेटा, तुम चिंता मत करो।” इस संक्षिप्त संवाद ने तनावपूर्ण माहौल में एक भावनात्मक पल पैदा किया। इस भावनात्मक मुलाकात के दौरान भी पुलिस ने अपना कार्य जारी रखा। उन्होंने बघेल के निवास से उनका मोबाइल फोन, एक चारपहिया वाहन और कई महत्वपूर्ण दस्तावेज जब्त किए। इसके बाद पुलिस टीम बघेल को उनके मैग्नेटो मॉल स्थित कार्यालय भी लेकर गई, जहां से हिंसा मामले से संबंधित अन्य कागजात बरामद किए गए। पूरी प्रक्रिया के दौरान अमित बघेल ने पुलिस को पूरा सहयोग दिया और शांत व्यवहार बनाए रखा। सभी साक्ष्य सुरक्षित करने के बाद पुलिस बघेल को वापस बलौदाबाजार ले आई, जहां उन्हें पुलिस लाइन के आजाक थाना स्थित कंट्रोल रूम में रखा गया है।
बदायूं में बाइक पेड़ से टकराई:युवक की मौत, ससुराल जाते समय हुआ हादसा; पुलिस जांच में जुटी
बदायूं में एक सड़क हादसे में 30 वर्षीय युवक की मौत हो गई। तेज रफ्तार बेकाबू मोटरसाइकिल सड़क किनारे एक पेड़ से टकरा गई। पुलिस ने शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेजकर मामले की जांच शुरू कर दी है। यह घटना कादरचौक थाना क्षेत्र के निजामपुर गांव के पास हुई। मृतक की पहचान कुंवरगांव थाना क्षेत्र के फरीदपुर चाकुलर गांव निवासी जुगेंद्र (30) पुत्र राम सिंह के रूप में हुई है। जुगेंद्र अपनी बुआ रामप्यारी के घर लाभारी गांव से अपनी ससुराल सालारपुर गांव जा रहा था। निजामपुर गांव के पास पहुंचते ही उसकी मोटरसाइकिल बेकाबू हो गई और सड़क किनारे लगे एक पेड़ से जा टकराई। सूचना मिलते ही यूपी 112 पुलिस मौके पर पहुंची और घायल जुगेंद्र को तत्काल जिला अस्पताल ले जाया गया। जिला अस्पताल में डॉक्टरों ने जुगेंद्र को मृत घोषित कर दिया। थानाध्यक्ष विक्रम सिंह ने बताया कि मोटरसाइकिल के पेड़ से टकराने के कारण जुगेंद्र की मौत हुई है। पुलिस ने शव को जिला अस्पताल की मॉर्च्युरी में रखवा दिया है और आगे की जांच-पड़ताल जारी है। पुलिस द्वारा जुगेंद्र के परिजनों को सूचना दिए जाने के बाद परिवार में मातम छा गया। जिला अस्पताल पहुंचे परिजनों ने बताया कि जुगेंद्र खेती-बाड़ी और मजदूरी करके अपने परिवार का पालन-पोषण करता था। उसकी मौत के बाद अब तीन बेटियों और गर्भवती पत्नी कुसुम के भरण-पोषण की चिंता परिवार को सता रही है।
भदोही पुलिस ने साइबर ठगी के 1.24 लाख रुपए वापस:पीड़ितों ने खाते में रकम पाकर पुलिस का आभार जताया
भदोही पुलिस ने साइबर ठगी के शिकार हुए चार पीड़ितों के खातों में कुल 1 लाख 24 हजार 605 रुपए वापस कराए हैं। पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर जनपदीय साइबर सेल और साइबर हेल्पडेस्क थाना ज्ञानपुर तथा गोपीगंज ने यह कार्रवाई की। पुलिस अधीक्षक अभिमन्यु मांगलिक ने जनपद में बढ़ते साइबर अपराधों की रोकथाम के लिए त्वरित कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। इनमें साइबर धोखाधड़ी, सोशल साइट के दुरुपयोग और एनसीआरपी पोर्टल पर दर्ज शिकायतों पर तत्काल एक्शन शामिल है। इन निर्देशों के तहत, जनपदीय साइबर सेल ने शिकायतकर्ता अली हसन के पूरे 93 हजार 555 रुपए वापस कराए। साइबर हेल्पडेस्क थाना ज्ञानपुर ने शिकायतकर्ता मनोज तिवारी के 21 हजार रुपए लौटाए। इसी प्रकार, साइबर हेल्पडेस्क थाना गोपीगंज ने शिकायतकर्ता अमित कुमार यादव के 8 हजार 550 रुपए और शुभम कुमार यादव के 1500 रुपए उनके खातों में वापस जमा कराए। अपनी खोई हुई धनराशि वापस पाकर सभी पीड़ित व्यक्तियों ने पुलिस अधीक्षक, जनपदीय साइबर सेल और साइबर हेल्पडेस्क थाना ज्ञानपुर व गोपीगंज के प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने भदोही पुलिस के प्रयासों की सराहना की। भदोही पुलिस ने साइबर धोखाधड़ी से बचने के लिए कुछ सावधानियां भी बताई हैं:- 1. साइबर धोखाधड़ी होने पर तत्काल 1930 पर कॉल कर शिकायत दर्ज कराएं। 2. किसी अनजान व्यक्ति के कहने पर कोई ऐप डाउनलोड न करें। 3. वर्क फ्रॉम होम या शेयर ट्रेडिंग जैसे प्रस्तावों की पूरी जानकारी प्राप्त करने के बाद ही उन पर भरोसा करें। 4. यदि कोई अनजान व्यक्ति पैसों की मांग करे तो उसकी अच्छे से जांच करें और अपने बैंक खाते का बैलेंस चेक करें। किसी के बहकावे में न आएं। 5. यदि किसी अनजान व्यक्ति द्वारा गलती से आपके खाते में पैसे आ जाएं, तो उसे सीधे वापस न करें, बल्कि बैंक के माध्यम से ही लौटाएं। 6. अज्ञात व्यक्ति या अज्ञात मोबाइल नंबर से भेजी गई किसी भी लिंक पर क्लिक न करें।
उज्जैन में 14 से 18 जनवरी 2026 तक आयोजित श्री महाकाल महोत्सव के दूसरे दिन गुरुवार को जनजातीय लोककलाओं, कलायात्रा और संगीतमय प्रस्तुतियों का अद्भुत संगम देखने को मिला। दिनभर चले सांस्कृतिक आयोजनों के बाद शाम तक महाकाल महालोक का वातावरण पूरी तरह शिवमय हो गया। यह पांच दिवसीय महोत्सव मध्यप्रदेश शासन के संस्कृति विभाग, वीर भारत न्यास और श्री महाकालेश्वर मंदिर प्रबंध समिति, उज्जैन के सहयोग से आयोजित किया जा रहा है। इसका उद्देश्य प्रदेश की समृद्ध जनजातीय परंपराओं को एक मंच प्रदान करना है। महोत्सव के दूसरे दिन डिंडोरी के अशोक कुमार मार्को और उनके साथी कलाकारों ने गोंड जनजातीय 'गुदुमबाजा' की प्रस्तुति दी। इसके बाद डिंडोरी के दयाराम और उनके दल ने बैगा जनजातीय 'कर्मा नृत्य' प्रस्तुत किया। सागर के मनीष यादव और उनके साथियों ने 'बरेदी नृत्य' तथा धार के मनीष सिसोदिया और उनके दल ने भील जनजातीय 'भगोरिया नृत्य' से दर्शकों का मन मोह लिया। इसी क्रम में उज्जैन के मुकेश शास्त्री और उनके साथियों ने एक भव्य कलायात्रा निकाली। डमरू वादन दल की विशेष भागीदारी वाली यह यात्रा रामघाट से शुरू होकर हरसिद्धि पाल और बड़ा गणेश होते हुए श्री महाकाल महालोक पहुंची। शाम के सत्र में महाकाल महालोक में मुंबई की प्रसिद्ध टीम 'द ग्रेट इंडियन क्वायर' ने 'शिवा' नामक संगीतमय प्रस्तुति दी। इस प्रस्तुति ने श्रद्धालुओं को भावविभोर कर दिया। लाइव पेंटिंग और संगीत के माध्यम से शिव तत्व को सजीव रूप में दर्शाया गया, जिससे पूरा परिसर शिवभक्ति में लीन हो गया।
विजय हजारे ट्रॉफी : अमन मोखाड़े ने खेली 138 रन की पारी, कर्नाटक को 6 विकेट से हराकर फाइनल में विदर्भ
विदर्भ ने कर्नाटक को विजय हजारे ट्रॉफी एलीट 2025-26 के सेमीफाइनल 1 में 6 विकेट से मात देकर खिताबी मुकाबले में जगह बना ली है
पूर्व सीएम अशोक गहलोत ने एसआईआर के तहत दावे और आपत्तियां दर्ज करवाने के आखिरी दिन बीजेपी पर फर्जीवाड़ा करने का आरोप लगाते हुए तंज कसा है। गहलोत ने भाजपा के इशारे पर वोटर लिस्ट में गलत तरीके से नाम काटने और जोड़ने का आरोप लगाते हुए अफसरों को चेतावनी दी है। गहलोत ने एक्स पर लिखा- भाजपा ने ऐसा दुस्साहस कर जनता और लोकतंत्र का अपमान किया है। मेरे निर्वाचन क्षेत्र सरदारपुरा तक में ऐसा कुप्रयास किया गया है। मैंने राज्य निर्वाचन आयुक्त नवीन महाजन से फोन पर बात कर इस संबंध में जानकारी दी है और जल्द कार्रवाई की मांग की है। आज का दिन काले अध्याय जैसागहलोत ने एक्स पर लिखा- आज का दिन राजस्थान में लोकतंत्र के लिए एक काले अध्याय जैसा है, जिसने भाजपा को बेनकाब कर दिया है। सत्ता के मद में चूर भाजपा सरकार ने प्रशासन का दुरुपयोग कर मतदाता सूचियों में हेराफेरी का जो षड्यंत्र रचा है, वह शर्मनाक है। गहलोत ने लिखा- SIR प्रक्रिया के अंतिम दिन, एक सुनियोजित साजिश के तहत EROs के माध्यम से BLOs पर दबाव डाला गया कि वे कांग्रेस विचारधारा वाले मतदाताओं के नाम काटें। यहां तक कि फॉर्म-7 में पहले से डेटा भरकर BLOs को थमाया गया, जो सीधे तौर पर निष्पक्ष चुनाव प्रक्रिया पर हमला है। कई जगहों पर प्रशासनिक अधिकारियों और BLOs ने इस लोकतंत्र की हत्या में शामिल होने से इनकार किया तो उन्हें सत्ताधारी पार्टी के लोगों ने तबादलों की धमकी दी है। अफसर मर्यादा का पालन करें अन्यथा कार्रवाई होगीगहलोत ने लिखा- मैं उन अधिकारियों को भी स्पष्ट शब्दों में आगाह करना चाहता हूं, जो भाजपा के दबाव में संविधान की धज्जियां उड़ा रहे हैं, समय बदलते देर नहीं लगती। सरकारें आती-जाती रहेंगी, लेकिन अगर आपने नियम विरुद्ध कार्य किया, तो कानून के दायरे में आपकी जवाबदेही सुनिश्चित की जाएगी और सख्त कार्रवाई होगी। संवैधानिक मर्यादा का पालन करें, अन्यथा परिणाम भुगतने के लिए तैयार रहें।
कानपुर में होमगार्ड को धक्का देकर चोर गुजैनी थाने से फरार हो गया। होमगार्ड उसे बाथरूम लेकर जा रहा था। आरोपी के फरार होने की जानकारी पर थाने में मौजूद पुलिसकर्मियों में अफरा-तफरी मच गई। फरार आरोपी की तलाश के लिए पुलिस की कई टीमें लगाई हैं। आरोपी को गुरुवार को जरौली फेस-टू स्थित बालाजी ज्वैलर्स से 3 किलो चांदी चोरी करने के मामले में गिरफ्तार किया गया था। बताया गया कि गुरुवार दोपहर को होमगार्ड राजकुमार उसे हवालात से निकालकर बाथरूम कराने के लिए ले जा रहा था। इसी बीच आरोपी ने अचानक होमगार्ड को धक्का दिया और थाने से भाग निकला। डीसीपी साउथ दीपेंद्र नाथ चौधरी ने बताया कि ज्वैलरी शाप चोरी में आरोपी कल्लू उर्फ विशाल को गिरफ्तार किया गया था। जो बाथरूम जाने के दौरान होमगार्ड को धक्का देकर भाग निकला, उसकी तलाश में टीमें लगाई हैं। 14 दिसंबर की देर रात हुई थी वारदात गुजैनी थानाक्षेत्र के गोपालपुरम सोसाइटी निवासी गौरव वर्मा की जरौली फेस-टू स्थित बालाजी ज्वैलर्स में 14 दिसंबर की देर रात शटर तोड़कर तीन नकाबपोश चोरों ने 36 मिनट में 3 किलो चांदी के जेवर पार कर दिए थे। घटना के बाद पुलिस ने सीसीटीवी कैमरे की फुटेज के आधार पर 20 दिसंबर को घटना का खुलासा करके गुजैनी गांव निवासी विशाल गुप्ता उर्फ मन्नू बिहारी और गुजैनी के मायापुरम कच्ची बस्ती निवासी करन को जेल भेज दिया था। वहीं, वारदात में शामिल रहे अजय उर्फ बंटा, विशाल और कल्लू को 19 दिसंबर को चकेरी पुलिस ने पकड़कर जेल भेज दिया था, जबकि बर्रा थाना क्षेत्र के शिवाजी पुलिया के पास रहने वाला कल्लू उर्फ विशाल फरार चल रहा था, पुलिस उसकी तलाश में थीं। गुरुवार को पुलिस ने कल्लू उर्फ विशाल को गिरफ्तार कर लिया और उसे गुजैनी थाने लाया गया। पूछताछ के बाद उसे जेल भेजने की तैयारी की जा रही थी। इसी दौरान वह थाने से फरार हो गया।
उत्तर प्रदेश के मुजफ्फरनगर जनपद में गुरुवार को समाजवादी पार्टी (सपा) विधायक अतुल प्रधान को मृतक सोनू कश्यप के परिजनों से मिलने से रोका गया। पुलिस ने उन्हें सांसद हरेंद्र मलिक के आवास पर रोका था। बाद में पुलिस ने मृतक के परिजनों को सांसद के घर बुलवाकर विधायक प्रधान से मुलाकात कराई। इस मुलाकात के दौरान मृतक सोनू कश्यप की बहन विधायक अतुल प्रधान से लिपटकर रोने लगीं। विधायक प्रधान ने इस घटनाक्रम पर प्रशासन के रवैये के प्रति नाराजगी व्यक्त की। अतुल प्रधान ने आरोप लगाया कि पूरे जिले में नाकाबंदी की गई है और पुलिस का व्यवहार संवेदनशील नहीं है। उन्होंने कहा कि विपक्ष के नेताओं को पीड़ित परिवारों से मिलने से रोका जा रहा है, जिससे वे उनकी मदद नहीं कर पा रहे हैं। विधायक प्रधान ने यह भी बताया कि उन्होंने इस पीड़ित परिवार की पहले भी मदद की है और आगे भी करते रहेंगे। उन्होंने सरकार से मांग की कि इस मामले की निष्पक्ष और पारदर्शी तरीके से जांच हो, जो माननीय न्यायाधीश की निगरानी में होनी चाहिए। उन्होंने पीड़ित परिवार को 50 लाख रुपए का मुआवजा और एक सरकारी नौकरी देने की भी मांग की। सपा विधायक अतुल प्रधान का कहना है कि पूरे जिले में नाकाबंदी की गई है और पुलिस का व्यवहार बिल्कुल भी संवेदनशील नहीं है। पुलिस का रवैया ऐसा है कि विपक्षी नेताओं को जबरन रोका जा रहा है और रोकने की सारी सीमाएं पार की जा रही हैं। हालात ऐसे हैं कि कई विपक्षी नेताओं को लौटना पड़ा, बल्कि सरकार पक्ष के कुछ लोग भी वापस चले गए। उन्होंने कहा कि अगर जनप्रतिनिधि पीड़ित परिवार से मिल ही नहीं पाएंगे, तो उनकी मदद कैसे करेंगे। आप ही बताइए, हम लोग मदद के लिए आए हैं। यह संयोग ही है कि पीड़ित परिवार का घर हमारे सांसद के घर के नजदीक है, इसलिए हमने उन्हें बुला लिया। बुलाने के बाद उनसे बातचीत की जा रही है और हमारी पार्टी लगातार पूरे मामले पर नजर बनाए हुए है। अतुल प्रधान ने बताया कि अखिलेश यादव ने पहले ही दिन सबसे पहले विजयपाल कश्यप के परिवार से मुलाकात की थी। यह स्थान हमारे विधानसभा क्षेत्र के ज्वालागढ़ में है। हम लोग भी वहां पहुंचे थे और उसी दिन पीड़ित परिवार की मदद की गई थी। माननीय अखिलेश यादव ने अपनी ओर से पीड़ित परिवार के लिए 2 लाख रुपए का चेक भेजा है, जो पार्टी के पदाधिकारी एक-दो दिन में उनके घर जाकर सौंपेंगे। इसके अलावा पार्टी की ओर से अलग-अलग समय पर कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। 18 तारीख को मेरठ कमिश्नरी में बड़ी पंचायत होगी, वहीं दौराला में भी कार्यक्रम रखा गया है। जगह-जगह कैंडल मार्च निकाले जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि यह घटना बेहद दुखद और इंसानियत को शर्मसार करने वाली है। सपा की मांग है कि मामले की निष्पक्ष और पारदर्शी जांच किसी माननीय न्यायाधीश की निगरानी में कराई जाए। साथ ही पीड़ित परिवार को 50 लाख रुपए का मुआवजा और एक सरकारी नौकरी दी जानी चाहिए।
दरभंगा के कुशेश्वरस्थान पूर्वी थाना क्षेत्र के सोहरबा घाट में 13 जनवरी की देर रात सोना-चांदी की दुकान में चोरी हुई थी। इस मामले में ग्रामीणों की मदद से पुलिस ने मौके से दो चोरों को रंगे हाथ गिरफ्तार किया है और कीमती चांदी के जेवरात बरामद किए हैं, जबकि एक चोर अंधेरे का फायदा उठाकर फरार हो गया। गिरफ्तार चोरों की पहचान बिरौल थाना क्षेत्र के कमलपुर निवासी भातु मुखिया के बेटे मदन मुखिया और संतोष मुखिया के बेटे नीतीश कुमार के रूप में हुई है। दोनों आपस में चाचा-भतीजा हैं। इस चोरी कांड में शामिल तीसरा आरोपी कमलपुर निवासी अजय मुखिया फरार है। थानाध्यक्ष अंकित चौधरी ने प्रेस विज्ञप्ति जारी कर बताया कि 13 जनवरी की रात करीब 12 बजे तीनों चोरों ने सोहरबा घाट स्थित श्रवण कुमार साह की सोना-चांदी की दुकान के पीछे की दीवार तोड़कर अंदर प्रवेश किया। जेवरात को बोरा में भर रहे थे चोर दुकान में रखे चांदी के पायल, राखी, मांग टीका, पंजा, छोटा चेन, अंगूठी, लक्ष्मी-गणेश की मूर्ति सहित अन्य जेवरात को झोला और बोरे में भरने लगे। इसी दौरान ग्रामीणों को दुकान में चोरी होने का आभास हुआ। ग्रामीणों ने तुरंत डायल 112 पर सूचना दी और दुकान को चारों ओर से घेर लिया। सूचना मिलने पर डायल 112 के पदाधिकारी मानव शंकर ने थाना अध्यक्ष को अवगत कराया। इसके बाद थाना अध्यक्ष पुलिस बल के साथ घटनास्थल पर पहुंचे। पुलिस ने मौके से चोरी के सामान के साथ दो चोरों को पकड़ लिया, जबकि तीसरा चोर भागने में सफल रहा। पूछताछ के दौरान गिरफ्तार दोनों चोरों ने अपना अपराध स्वीकार करते हुए फरार अजय मुखिया की संलिप्तता भी बताई। चोरों ने खुलासा किया कि घटना को अंजाम देने से पहले उन्होंने 10 और 11 जनवरी को सोहरबा घाट पहुंचकर रेकी की थी। 13 जनवरी की शाम तीनों आरोपी बीआर-07 बीएच-5319 नंबर की अपाचे मोटरसाइकिल से मौके पर पहुंचे और बाइक को बिजली ऑफिस के पीछे छिपाकर देर रात चोरी की घटना को अंजाम दिया। पुलिस ने चोरों की निशानदेही पर चोरी में प्रयुक्त मोटरसाइकिल बरामद कर ली है। साथ ही तलाशी के दौरान एक सैमसंग कंपनी का मोबाइल फोन भी जब्त किया गया है। गिरफ्तार आरोपी मदन मुखिया के खिलाफ पहले से बिरौल थाना में एक और पतौर थाना में दो प्राथमिकी दर्ज हैं। वह इससे पहले पतौर में सोना-चांदी की दुकान में चोरी के आरोप में जेल जा चुका है और पिछले महीने दिसंबर में ही जमानत पर बाहर आया था। नीतीश कुमार के आपराधिक इतिहास की जांच की जा रही है। थानाध्यक्ष ने बताया कि इस मामले में प्राथमिकी दर्ज कर दोनों गिरफ्तार आरोपियों को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है, जबकि फरार आरोपी की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी जारी है।
कोटा के कुन्हाड़ी इलाके में सड़क हादसे में एक युवक की मौत हो गईं। जबकि दूसरा युवक गंभीर घायल हो गया। इसे इलाज के लिए एमबीएस हॉस्पिटल लाया गया है। घटना गुरुवार देर रात 9 बजे के आसपास कुन्हाड़ी स्थित महाराणा प्रताप सर्किल पुलिया की है। दोनों युवक बाइक से बूंदी रोड की तरफ से नयापुरा की तरफ आ रहे थे। बैलेंंस बिगड़ने से टकराई बाइककुन्हाड़ी थाना SHO कौशल्या गालव ने बताया- बाइक सवार युवक सुरेंद्र सिंह व दिलीप सिंह बूंदी रोड से नयापुरा पुलिया की तरफ आ रहे हैं। पुलिया पर बाइक की रफ्तार तेज थी। अचानक से बैलेंस बिगड़ा और बाइक सड़क किनारे बनी सेफ्टी वॉल से टकरा गईं। हादसे में युवक उछलकर सेफ्टी वॉल पर लगे बिजली के पोल से टकराकर सड़क पर गिर गए। हादसे में खेड़ली फाटक निवासी दिलीप सिंह के सिर पर गंभीर चोट लगी। उसकी मौके पर ही मौत हो गई। जबकि महावीर नगर विस्तार योजना निवासी सुरेंद्र सिंह को गंभीर हालत में हॉस्पिटल में भर्ती करवाया है। फिलहाल हादसे के कारणों की जांच की जा रही है। मृतक के शव का सुबह पोस्टमार्टम करवाया जाएगा।
सीतापुर के महोली कोतवाली क्षेत्र के पिपरझला गांव में गुरुवार शाम एक सनसनीखेज घटना सामने आई, जहां शराब के नशे में धुत युवक ने अपने पिता को अपमानित करने से रोकने पर पड़ोसी युवक पर जानलेवा हमला कर दिया। आरोपी ने हंसिया से ताबड़तोड़ वार कर युवक को गंभीर रूप से घायल कर दिया, जिससे उसके बाएं हाथ की तीन उंगलियां कट गईं, जबकि दाहिने हाथ और आंख के पास भी गंभीर चोटें आई हैं। गांव निवासी पंकज पांडेय पुत्र कमलेश, जो पेशे से हलवाई है। गुरुवार देर शाम वह गांव में कुछ लोगों के साथ बैठे हुए थे। इसी दौरान गांव का दीपक वहां पहुंचा, जो शराब के नशे में था। मौके पर दीपक के पिता कृष्णपाल भी बैठे थे। अपने पिता को देखकर दीपक उन्हें गाली-गलौज करने लगा। पंकज ने सार्वजनिक स्थान पर पिता के अपमान का विरोध करते हुए दीपक को समझाने का प्रयास किया। इस पर दीपक और अधिक भड़क गया और अश्लील गालियां देते हुए वहां से चला गया। कुछ देर बाद वह अपने घर से हंसिया लेकर लौटा और बिना किसी चेतावनी के पंकज पर कई वार कर दिए। अचानक हुए हमले में पंकज गंभीर रूप से घायल हो गए। उनके बाएं हाथ की तीन उंगलियां कट गईं, दाहिने हाथ में गहरा जख्म आया और माथे और आंख के पास भी गंभीर चोट लगी। हमले के बाद आरोपी मौके से फरार हो गया। परिजनों और ग्रामीणों की मदद से घायल पंकज को एम्बुलेंस द्वारा महोली सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया गया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद हालत गंभीर होने पर उन्हें जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया। जिला अस्पताल में पंकज के कुल 20 टांके लगाए गए हैं और उनका इलाज जारी है। मामले को लेकर दरोगा संतोष राय ने बताया कि प्रकरण उनके संज्ञान में है और तहरीर के आधार पर आवश्यक कानूनी कार्रवाई की जा रही है।
नवादा डीएम ने विकास परियोजनाओं की समीक्षा की:गुणवत्ता-समय-सीमा पर ध्यान देने के निर्देश दिए
नवादा जिला पदाधिकारी रवि प्रकाश ने गुरुवार को विकास एवं निर्माण परियोजनाओं की प्रगति की समीक्षा की। यह बैठक समाहरणालय सभाकक्ष में आयोजित की गई, जिसमें स्थानीय क्षेत्र अभियंत्रण संगठन, भवन प्रमंडल, बीएमएसआईसीएल (BMSICL) और बीएसईआईडीसी (BSEIDC) से संबंधित योजनाओं पर चर्चा हुई। बैठक के दौरान, विभागीय अभियंताओं ने जिले में चल रहे भवन निर्माण और अवसंरचना विकास कार्यों का विस्तृत विवरण प्रस्तुत किया। जिला पदाधिकारी ने निर्माण कार्यों की गुणवत्ता सुनिश्चित करने के लिए संबंधित पदाधिकारियों को नियमित स्थल निरीक्षण के निर्देश दिए। डीएम ने सभी कार्यों को निर्धारित समय-सीमा के भीतर पूरा करने पर जोर दिया। उन्होंने यह भी निर्देश दिया कि स्वीकृत योजनाओं की भौतिक और वित्तीय प्रगति रिपोर्ट हर महीने उपलब्ध कराई जाए। जिलाधिकारी ने विद्यालयों, स्वास्थ्य संस्थानों, पुल-पुलियों और सरकारी कार्यालय भवनों के निर्माण कार्यों का नियमित निरीक्षण करने को कहा। उन्होंने लंबित कार्यों के कारणों की समीक्षा कर तत्काल सुधारात्मक कदम उठाने तथा संवेदकों/एजेंसियों की जिम्मेदारियों को स्पष्ट करने के निर्देश भी दिए। डीएम ने बीएमएसआईसीएल (BMSICL) और बीएसईआईडीसी (BSEIDC) के अभियंताओं को विशेष रूप से निर्देशित किया कि सरकार की प्राथमिकता वाली योजनाओं में किसी भी परिस्थिति में देरी न हो। इस अवसर पर चल रही परियोजनाओं से संबंधित गुणवत्ता परीक्षण रिपोर्ट भी साझा की गई। बैठक में सिविल सर्जन, नवादा, गोपनीय शाखा प्रभारी, जिला शिक्षा पदाधिकारी, निदेशक डीआरडीए, डीपीएम (स्वास्थ्य), कार्यपालक पदाधिकारी, नगर परिषद सहित अन्य संबंधित पदाधिकारी उपस्थित थे।
मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की प्रस्तावित 'समृद्धि यात्रा' के तहत 16 जनवरी को पश्चिम चंपारण जिले के बेतिया आगमन को लेकर प्रशासनिक तैयारियां तेज हो गई हैं। इसी क्रम में चंपारण क्षेत्र के पुलिस उप-महानिरीक्षक (डीआईजी) और पश्चिम चंपारण के पुलिस अधीक्षक (एसपी) ने कुमारबाग औद्योगिक क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था का व्यापक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने कार्यक्रम स्थल, प्रवेश और निकास मार्गों, पार्किंग स्थलों, वीआईपी मूवमेंट रूट, बैरिकेडिंग, सीसीटीवी व्यवस्था और आपातकालीन सेवाओं की उपलब्धता का बारीकी से जायजा लिया। उन्होंने सुरक्षा से जुड़े सभी पहलुओं की समीक्षा की और संबंधित पदाधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए। पुलिस उप-महानिरीक्षक ने निर्देश दिया कि कार्यक्रम के दौरान किसी भी प्रकार की अव्यवस्था से बचने के लिए अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती, यातायात प्रबंधन और खुफिया निगरानी को मजबूत किया जाए। पुलिस अधीक्षक ने सभी थाना प्रभारियों और दंडाधिकारियों को आपसी समन्वय के साथ ड्यूटी करने का निर्देश दिया। निरीक्षण के समय कई वरीय और कनीय पुलिस अधिकारी उपस्थित थे। अधिकारियों ने यह भी स्पष्ट किया कि सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित करते समय आम नागरिकों की सुविधा का विशेष ध्यान रखा जाएगा। जिला पुलिस मुख्यमंत्री के कार्यक्रम को शांतिपूर्ण, सुरक्षित और सफल बनाने के लिए पूरी तरह से सतर्क और प्रतिबद्ध है।
गढ़मुक्तेश्वर में थाना बहादुरगढ़ क्षेत्र के अंबेडकर नगर मोहल्ले में गुरुवार रात संदिग्ध परिस्थितियों में एक युवक की मौत हो गई। युवक के पेट में चाकू लगने से उसकी मौके पर ही मौत हो गई। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू कर दी। मृतक की पहचान उमेश (35) के रूप में हुई है। बताया गया कि गुरुवार रात संदिग्ध हालात में उसके पेट में चाकू लग गया, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया। परिजन और मोहल्ले के लोग कुछ समझ पाते, उससे पहले ही उसकी मौत हो गई। घटना की सूचना तुरंत थाना बहादुरगढ़ पुलिस को दी गई। पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर घटनास्थल का निरीक्षण किया। शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है और आवश्यक कानूनी कार्रवाई की जा रही है। फिलहाल यह साफ नहीं हो सका है कि चाकू कैसे और किन परिस्थितियों में लगा। सीओ स्तुति सिंह ने बताया कि मामले की गंभीरता को देखते हुए सभी पहलुओं पर जांच की जा रही है। घटनास्थल से साक्ष्य जुटाए जा रहे हैं और परिजनों व आसपास के लोगों से पूछताछ की जा रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच के बाद ही आगे की कार्रवाई की जाएगी।
भोपाल के हबीबगंज थाना क्षेत्र में पुलिस बनकर लूट और अपहरण की सनसनीखेज वारदात सामने आई है। एक फ्लैट में घुसकर 5–6 युवकों ने खुद को पुलिस स्टाफ बताया, मारपीट की और एनडीपीएस केस में फंसाने की धमकी देकर कैश, घड़ियां और मोबाइल फोन लूट लिए। पीड़ित की शिकायत पर थाना हबीबगंज में अज्ञात आरोपियों के खिलाफ बीएनएस की गंभीर धाराओं में अपराध दर्ज कर विवेचना शुरू कर दी गई है। घटना का सीसीटीवी भी सामने आया है, जिसमें कुछ संदिग्ध दिखाई दे रहे हैं। पीड़ित राहुल गुप्ता के अनुसार, 11 जनवरी की शाम वह अपने फ्लैट पर दोस्तों के साथ मौजूद था। इसी दौरान 5–6 युवक अचानक फ्लैट में घुसे और आते ही खुद को पुलिसकर्मी बताते हुए डराने-धमकाने लगे। आरोप है कि युवकों ने चारों के साथ मारपीट की और कहा कि उन्हें एनडीपीएस के मामले में जेल भेज दिया जाएगा। भय का माहौल बनाकर आरोपियों ने कैश, घड़ियां और मोबाइल अपने पास रख लिए। इतना ही नहीं, आरोपियों ने सभी को जबरन कारों में बैठाया। दो अलग-अलग वाहनों में पीड़ित और उसके दोस्तों को बैठाकर मिसरोद थाना क्षेत्र से आगे बायपास टोल रोड की ओर ले जाया गया। रास्ते में लगातार पुलिसिया कार्रवाई का डर दिखाकर और पैसों की मांग की जाती रही। आरोप है कि दबाव में पीड़ित ने अपने एक परिचित को फोन कर पूरी घटना बताई और पैसे लाने को कहा। बाद में एक पेट्रोल पंप के पास जैसे ही परिचित से बातचीत शुरू हुई, माहौल बिगड़ता देख आरोपी मौके से भाग निकले। जाते-जाते वे मोबाइल फोन भी अपने साथ ले गए। घटना के बाद पीड़ितों ने आपातकालीन नंबर पर कॉल कर सूचना दी और फिर थाने पहुंचकर लिखित शिकायत दर्ज कराई।
जिला अस्पताल परिसर की मॉर्च्युरी में एक एम्बुलेंस चालक ने सायरन बजाते हुए तेज गति से एम्बुलेंस चलाई। इस दौरान वहां मौजूद मृतक के परिजन और अन्य लोग एक बड़े हादसे का शिकार होने से बाल-बाल बच गए। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि एम्बुलेंस इतनी तेज रफ्तार में थी कि लोगों को संभलने का मौका नहीं मिला। उन्होंने कहा कि जिंदा लोगों के लिए भी नियमों का पालन होना चाहिए, लेकिन चालक ने एक शव के लिए इतनी लापरवाही से गाड़ी चलाई। यह घटना गुरुवार शाम 5 बजकर 8 मिनट 3 सेकंड पर हुई। एम्बुलेंस मॉर्च्युरी से एक शव को ले जाने के लिए आई थी। मृतक के परिजनों ने एम्बुलेंस चालक को फोन कर बुलाया था। चालक ने शव लेने के लिए सभी नियमों को ताक पर रखकर तेज गति से एम्बुलेंस चलाई। जब लोगों ने उसकी गति पर आपत्ति जताई, तो उसने बेपरवाही से कहा, डोंट वरी। हालांकि, वहां मौजूद लोगों ने चालक के इस रवैये की निंदा की। इस मामले पर एआरटीओ राजेश श्रीवास्तव से बात की गई। उन्होंने कहा कि वे मामले का संज्ञान लेंगे और जांच करेंगे। उन्होंने बताया कि पहले ऐसे चालकों को समझाया जाएगा और यदि वे नहीं मानते हैं, तो उनके खिलाफ नियमानुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी।
टोंक की उनियारा थाना पुलिस ने कई लोगों से लाखों रुपए की ऑनलाइन साइबर ठगी करने के मामले में शातिर आरोपी को गिरफ्तार किया है। आरोपी के पास से पुलिस ने 2 एंड्राइड फोन, 2 ATM कार्ड जब्त और एक एक बैंक पास बुक, चैक बुक, बाइक भी जब्त की है। आरोपी शातिर बदमाश है। वह लोगों को सोशल मीडिया प्लेटफार्मों पर लोगों को कम राशि इन्वेस्ट करने में ज्यादा मुनाफा देने का झांसा देकर ऑनलाइन साइबर ठगी करता था। पुलिस द्वारा आरोपी से की गई प्रारंभिक पूछताछ में सामने आया कि वह अब तक कई लोगों से करीब पौने आठ लाख रुपए की ठगी कर चुका है। उनियारा सर्किल में बढ़ रही साइबर ठगी को देखते हुए SP राजेश कुमार मीना ने ASP रतनलाल भार्गव के निर्देशन में, उनियारा डीएसपी आकांक्षा कुमारी के नेतृत्व में गठित विशेष टीम एवं ASI रतन लाल ने मय पुलिस जाप्ते ने साइबर ठगी पर अंकुश लगाने के लिए एक युवक को पकड़ा है। युवक ने कबूली वारदात आरोपी युवक राहुल (25)पुत्र रामजीलाल मीणा निवासी कुण्डिया हाल शिव सज्जन कॉलोनी सवाई माधोपुर रोड उनियारा थाना उनियारा को डिटेन के आज गिरफ्तार के किया है। उसने प्रारंभिक पूछताछ में बताया कि 7 लाख 40 हजार रुपए की ठगी उनियारा सर्किल समेत अन्य जगह करना स्वीकार किया है। मुनाफा डबल करने का लालच देता था मोबाइल में टेलीग्राम चैनल बनाकर अनजान लोगों को अलग-अलग सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर रुपयों का कई गुना मुनाफा करके वापस डालने का झांसा देकर साइबर ठगी करता था। आरोपी के झांसे में आने वाले लोगों के रुपयों को आरोपी राहुल मीणा ठगी की राशि अपने दोस्तो व परिचितों के बैंक खातों में कमीशन के आधार पर डलवाता था, फिर उनसे कुछ रुपयों परिचित खाता धारकों को देकर ठगी की राशि को ले लेता था।
पोक्सो एक्ट के एक मामले में गिरफ्तारी का स्पष्ट और विधि-संगत कारण नहीं बताने पर बेतिया कोर्ट ने सख्त रुख अपनाया है। पोक्सो अधिनियम के विशेष न्यायाधीश जावेद आलम ने शिकारपुर थाना कांड संख्या 49/26 में गिरफ्तार किए गए चार अभियुक्तों को न्यायिक हिरासत में भेजने से इंकार कर दिया। न्यायाधीश ने इसे सुप्रीम कोर्ट की गाइडलाइन का उल्लंघन बताते हुए पुलिस की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल उठाए हैं। रिमांड के लिए ठोस आधार पेश नहीं कर सकी पुलिस विशेष न्यायाधीश ने अपने आदेश में कहा कि शिकारपुर थाना द्वारा अभियुक्तों की गिरफ्तारी के संबंध में कोई ठोस, विशिष्ट एवं विधि-संगत आधार न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत नहीं किया गया। ऐसी स्थिति में अभियुक्तों को जेल भेजना न्यायोचित नहीं है। कोर्ट ने स्पष्ट किया कि केवल गिरफ्तारी कर अभियुक्तों को न्यायिक हिरासत में भेजने की परंपरा कानून के अनुरूप नहीं है। सुप्रीम कोर्ट की गाइडलाइन का उल्लंघन न्यायाधीश जावेद आलम ने कहा कि यह मामला गिरफ्तारी और रिमांड से जुड़ी सुप्रीम कोर्ट की गाइडलाइन का प्रत्यक्ष उल्लंघन है। पुलिस द्वारा कांड दैनिकी में अभियुक्तों के विरुद्ध गिरफ्तारी के ठोस कारणों का उल्लेख नहीं किया गया, जो गंभीर लापरवाही को दर्शाता है। पर्सनल बांड पर छोड़े गए अभियुक्त हालांकि कोर्ट ने न्यायालय में प्रस्तुत चारों अभियुक्तों को पर्सनल बांड पर रिहा कर दिया। इसके साथ शर्त लगाई गई कि वे अनुसंधान में पूर्ण सहयोग करेंगे और किसी भी गवाह को प्रभावित करने का प्रयास नहीं करेंगे। न्यायाधीश ने यह भी स्पष्ट किया कि यदि आगे अनुसंधान के दौरान अभियुक्तों के विरुद्ध ठोस साक्ष्य प्राप्त होते हैं, तो अनुसंधानकर्ता न्यायालय से अनुमति लेकर ही गिरफ्तारी कर सकता है। थानाध्यक्ष और अनुसंधानकर्ता को कारण बताओ नोटिस कोर्ट ने इस पूरे मामले को पुलिस की लापरवाही मानते हुए शिकारपुर थानाध्यक्ष और कांड के अनुसंधानकर्ता को कारण बताओ नोटिस जारी किया है। न्यायालय ने उनसे पूछा है कि किन परिस्थितियों में बिना गिरफ्तारी का कारण स्पष्ट किए अभियुक्तों को न्यायिक हिरासत में भेजने के लिए कोर्ट में प्रस्तुत किया गया। साथ ही यह भी पूछा गया है कि अभियुक्तों के विरुद्ध कोई ठोस, विशिष्ट और विधि-संगत आधार कांड दैनिकी में क्यों नहीं दर्शाया गया। पुलिस कार्यप्रणाली पर उठे सवाल इस आदेश के बाद पुलिस की गिरफ्तारी और रिमांड प्रक्रिया को लेकर सवाल खड़े हो गए हैं। कोर्ट के इस फैसले को कानून के पालन और व्यक्तिगत स्वतंत्रता की सुरक्षा के लिहाज से अहम माना जा रहा है।
औरंगाबाद में ट्रेन से कट कर युवक की मौत:फोन पर बात करते समय हादसा, 5 महीने की गर्भवती है पत्नी
औरंगाबाद में दीनदयाल उपाध्याय - गयाजी रेलखंड पर स्थित रफीगंज रेलवे स्टेशन के पास एक युवक की ट्रेन से कटकर मौत हो गई। मृतक रेलवे में फोन लाइन का काम करा रही कंपनी में कार्यरत था और ड्यूटी के दौरान ही यह हादसा हुआ। मृतक की पहचान चंद्रदीप यादव (27) के रूप में की गई है, जो झारखंड राज्य के गढ़वा जिला अंतर्गत कांडी थाना क्षेत्र के चटनिया गांव का निवासी था। आज वह रफीगंज रेलवे स्टेशन के पास मेन लाइन के आसपास फोन लाइन से संबंधित काम में लगा हुआ था। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, काम के दौरान ही संभवतः चंद्रदीप के मोबाइल पर उसकी पत्नी का फोन आया। वह कान में इयरफोन लगाकर बात करने लगा और इसी दौरान अनजाने में मेन रेलवे लाइन पर चला गया। फोन पर बातचीत में व्यस्त रहने के कारण वह आने वाली ट्रेन को देख नहीं सका। इसी बीच कंसारा और चंद्रहेटा के बीच रेलवे पिलर संख्या 511/22 के पास तेज गति से आ रही ट्रेन की चपेट में आ गया। ट्रेन की चपेट में आने से युवक का शरीर पूरी तरह से क्षत-विक्षत हो गया। घटना की सूचना मिलते ही रेलवे पुलिस और स्थानीय पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर आवश्यक कार्रवाई शुरू की। बाद में शव को पोस्टमार्टम के लिए सदर अस्पताल भेजा गया। हादसे की जानकारी मिलते ही मृतक के परिजन और गांव से आए स्वजन भी रफीगंज पहुंचे। 20 जनवरी को वेतन मिलने के बाद घर जाने वाला था चंद्रदीप चंद्रदीप अपने परिवार का एकमात्र सहारा था। उसके पिता का पहले ही निधन हो चुका था, जबकि उसकी मां नेत्रहीन है। साल 2025 के अप्रैल महीने में ही उसकी शादी हुई थी और उसकी पत्नी इस समय पांच महीने की गर्भवती है। दो भाइयों में चंद्रदीप ही परिवार की मुख्य जिम्मेदारी संभाल रहा था। एक जनवरी को वह अपनी गर्भवती पत्नी का इलाज कराने के बाद काम पर लौटा था। 20 जनवरी को उसे वेतन मिलने वाला था, वह मां के लिए सामान खरीदकर और पत्नी को दिखाने के लिए घर जाने की तैयारी में था।
मध्य प्रदेश के बैतूल जिले में अब्दुल नईम द्वारा बनवाए जा रहे स्कूल भवन को प्रशासन द्वारा तोड़े जाने का मामला अब राष्ट्रीय राजनीति में गूंजने लगा है। कांग्रेस सांसद इमरान प्रतापगढ़ी, एआईएमआईएम अध्यक्ष असदुद्दीन ओवैसी और कांग्रेस प्रवक्ता सुप्रिया श्रीनेत ने इस कार्रवाई को लेकर राज्य सरकार पर तीखा हमला बोला है। इमरान प्रतापगढ़ी बोले– ऊपर से दबाव बताकर स्कूल तुड़वायाकांग्रेस सांसद इमरान प्रतापगढ़ी ने सोशल मीडिया पर पोस्ट कर कहा कि बैतूल में एक मुस्लिम व्यक्ति द्वारा बनवाया जा रहा स्कूल कलेक्टर ने यह कहते हुए तुड़वा दिया कि “ऊपर से बहुत दबाव है।” उन्होंने मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव से पूरे मामले का संज्ञान लेकर जिम्मेदार अधिकारियों पर कार्रवाई करने की मांग की। एक टीवी चैनल से बातचीत में प्रतापगढ़ी ने प्रधानमंत्री से हस्तक्षेप की अपील करते हुए कहा कि निर्माणाधीन स्कूल को तोड़ना शर्मनाक है। उन्होंने सवाल किया कि क्या यही “सबका साथ, सबका विकास” है और क्या अब स्कूल भी नहीं बनने दिए जाएंगे। ओवैसी का आरोप– गलती सिर्फ इतनी कि वह मुसलमान हैंएआईएमआईएम प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी ने कहा कि अब्दुल नईम की गलती यह नहीं थी कि स्कूल अवैध था, क्योंकि उनके पास सभी जरूरी दस्तावेज मौजूद थे। ओवैसी के अनुसार उनकी असली “गलती” यह है कि वे भारतीय मुसलमान हैं और अपने गरीब हमवतन बच्चों की शिक्षा के लिए आगे आए। सुप्रिया श्रीनेत का हमलाकांग्रेस प्रवक्ता सुप्रिया श्रीनेत ने भी इस कार्रवाई की आलोचना करते हुए कहा कि जो राज्य दलित और आदिवासी बच्चों को सिर्फ इसलिए शिक्षा से वंचित करता है क्योंकि एक मुसलमान उन्हें पढ़ाने की पहल कर रहा है, वह राज्य बर्बादी की राह पर है। पंचायत ने बताया अवैध निर्माण, जेसीबी से गिराया गया स्कूलयह विवाद उस समय शुरू हुआ जब भैंसदेही तहसील के ढाबा गांव में अब्दुल नईम द्वारा बनवाए जा रहे स्कूल को पंचायत ने बिना अनुमति का निर्माण बताते हुए जेसीबी से गिरा दिया। कार्रवाई एसडीएम अजीत मरावी के नेतृत्व में की गई। प्रशासन का कहना है कि यह कार्रवाई पंचायत अधिनियम की धारा 55 के तहत की गई है। बैतूल कलेक्टर नरेंद्र सूर्यवंशी ने कहा कि अवैध निर्माण पर कार्रवाई नियमों के अनुसार की गई है और इसमें किसी प्रकार का भेदभाव नहीं किया गया। घटना के बाद अब्दुल नईम कथित तौर पर डरे हुए हैं और इस पूरे मामले पर फिलहाल कोई बयान देने से बच रहे हैं। सोशल मीडिया पर तेज बहसबैतूल का यह मामला सोशल मीडिया पर भी तेजी से वायरल हो रहा है। विपक्षी दलों ने इसे सरकार की नीतियों और प्रशासनिक कार्यशैली पर सीधा हमला बताया है, जबकि सत्तापक्ष इसे नियमानुसार की गई कार्रवाई बता रहा है।
छत्तीसगढ़ के राजनांदगांव में चर्च चलाने, नाबालिग बच्चों को रखने और कथित धर्मांतरण गतिविधियों मामले में कार्रवाई की है। पुलिस ने आरोपी डेविड चाको के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू की। जांच में पुलिस ने कई दस्तावेज और मोबाइल-लैपटॉप के साथ सोलर-प्रोजेक्टर जैसे डिजिटल सबूत जब्त किए हैं। पुलिस का कहना है कि यह काम सिर्फ एक व्यक्ति का नहीं, बल्कि संगठित तरीके से हो रहा था। इस मामले में कई लोगों की पूछताछ की जा रही है और पैसों के सोर्स की भी जांच हो रही है। यह मामला थाना लालबाग की पुलिस चौकी सुकुलदेहन के ग्राम धर्मापुर का है। जानिए पूरा मामला दरअसल, 8 जनवरी 2026 को थाना लालबाग की पुलिस चौकी सुकुलदेहन में एक शिकायत मिली। शिकायत में ग्राम धर्मापुर में चल रहे एक चर्च के बारे में बताया गया, जहां नाबालिग बच्चों को रखे जाने के साथ कथित धर्मांतरण जैसी गतिविधियों के बारे में जानकारी दी गई थी। पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए तुरंत कार्रवाई की। शिकायत पर आरोपी डेविड चाको के खिलाफ छत्तीसगढ़ धार्मिक स्वतंत्रता अधिनियम की धारा 3, 4 और 5 के तहत मामला दर्ज किया गया और जांच शुरू की गई। मौके से अहम सबूत मिले जांच के दौरान पुलिस को काफी अहम सबूत मिले। आरोपी के पास से कई दस्तावेज, रजिस्टर और अन्य सामग्री बरामद की गई। जांच में पता चला कि यह कोई अकेला व्यक्ति नहीं है, बल्कि यह एक संगठित नेटवर्क के तहत काम कर रहा था। पुलिस को इस नेटवर्क में सैकड़ों लोगों के शामिल होने के संकेत मिले हैं। पुलिस ने डिजिटल सबूत किए जब्त पुलिस ने डिजिटल सबूत भी जब्त किए हैं, जिनमें लैपटॉप, टैबलेट, आई-पैड और मोबाइल फोन शामिल हैं। इन डिवाइस से मिली जानकारियों के आधार पर कई अहम बातें सामने आई हैं। इसके अलावा दूरदराज के इलाकों में काम आने वाले प्रोजेक्टर भी जब्त किए गए, जिनकी कीमत हजारों डॉलर बताई जा रही है। जांच में कई अन्य लोगों के नाम भी सामने आए हैं, जिन्हें पूछताछ के लिए नोटिस भेजा गया है। पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि चर्च में पैसा कहां से आ रहा था और क्या इसमें किसी तरह की अवैध गतिविधियां भी शामिल थीं। रायनांदगांव पुलिस का कहना है कि जांच निष्पक्ष और पारदर्शी तरीके से की जा रही है और जो भी तथ्य सामने आएंगे, उसके अनुसार सख्त कार्रवाई होगी।
फोन पर बात कर कर रहे बोलेरो ड्राइवर ने बाइक सवार मां-पिता और बेटी को टक्कर मार दी। तीनों 20 मीटर घिसटते हुए वेल्डिंग की दुकान के बाहर खड़ी गाड़ी से टकरा गए। मामले में मां-बेटी गंभीर घायल हो गए। जहां मासूम का इलाज जारी है वहीं मां को पालनपुर (गुजरात) रेफर कर दिया। मामला जालोर के बिशनगढ़ थाना क्षेत्र के बिशनगढ़ से मांडवला की जाने वाले रास्ते का गुरुवार शाम 4:30 बजे का है। बिशनगढ़ पुलिस के अनुसार, बाइक सवार बाबूलाल चौधरी (27) उसकी पत्नी हवली देवी (23) व उसकी बेटी इशिका कुमारी (2) को बोलेरो ने टक्कर मार दी। बोलेरो जब्त कर ली गई है। ड्राइवर को डिटेन किया गया है। मामले में जांच जारी है। 2 तस्वीरों में देखें हादसा… ड्राइवर फोन पर बात कर रहा था प्रत्यक्षदर्शी बाबूलाल ने बताया- फोन पर बात करते हुए दुकान के बाहर खड़ा था। तभी अचानक धमाका हुआ और बाइक सवार परिवार घिसटता हुआ वेल्डिंग की दूकान के बाहर आकर गिरा। उनकी बाइक यहां खड़ी एक स्विफ्ट कार से टकरा कर रुक गई। बोलेरो का ड्राइवर फोन पर बात कर रहा था। ऐसे में यह हादसा हुआ। मां को गुजरात रेफर किया हादसे के बाद मौके पर लोगों की भीड़ एकत्रित हो गई और अफरा-तफरी मच गई। स्थानीय लोगों की मदद से दोनों को तुरंत उपचार के लिए तीनों को जालोर जिला अस्पताल पहुंचाया गया। डॉक्टरों ने बताया कि हवली देवी के सिर पर गहरी चोट आई है, हालत गंभीर होने पर उन्हें एंबुलेंस से पालनपुर (गुजरात) रेफर किया गया। वहीं बच्ची का इलाज जालोर अस्पताल में जारी है।
गोरखपुर में सड़क चौड़ीकरण, लाइन शिफ्टिंग और अनुरक्षण कार्य के कारण शुक्रवार को शहर के कई इलाकों में बिजली आपूर्ति बाधित रहेगी। विभाग ने प्रभावित उपभोक्ताओं को अग्रिम तैयारी रखने की सलाह दी है। इन इलाकों में बाधित रहेगी बिजली आपूर्ति खोराबार के 11 KV सूबा बाजार फीडर, लोहिया इंक्लेव के 11 KV लालपुर टीकर फीडर, नेतवर के 11 KV बढ़या फीडर और मोतीराम अड्डा के 11 KV गहरा फीडर की आपूर्ति शुक्रवार को दोपहर 12 बजे से शाम 4 बजे तक बाधित रहेगी। कार्य का उद्देश्य सड़क चौड़ीकरण और लाइन शिफ्टिंग बताया गया है। शाहपुर सब-स्टेशन के विष्णुमंदिर, असुरन, खरैया और आदित्यपुरी फीडर से जुड़े क्षेत्रों में भी शुक्रवार को अनुरक्षण कार्य प्रस्तावित है। असुरन चौराहे से लिटिल फ्लावर चौराहे तक तथा H.N सिंह चौराहे से मंझा टोला तक रखरखाव कार्य चलेगा। इसके चलते असुरन से H.N सिंह चौराहे तक, मंझा टोला और सम्पूर्ण आदित्यपुरी क्षेत्र में शुक्रवार को सुबह 11 बजे से शाम 4 बजे तक सप्लाई बंद रहेगी। विभाग ने उपभोक्ताओं से जल व दैनिक जरूरतों की तैयारी पहले ही कर लेने की अपील की है। असुविधा के लिए खेद जताते हुए बताया गया कि सहायता और शिकायत के लिए टोलफ्री नंबर 1912 पर संपर्क किया जा सकता है।
विधवा महिला की जमीन पर अवैध मदरसा चलाने का आरोप:कानपुर में पुलिस आयुक्त के आदेश पर FIR, जांच शुरू
कानपुर के जाजमऊ क्षेत्र में एक विधवा महिला ने अपनी जमीन पर अवैध मदरसा संचालित किए जाने का आरोप लगाते हुए प्राथमिकी दर्ज कराई है। पुलिस आयुक्त के आदेश पर यह कार्रवाई की गई है और मामले की जांच शुरू कर दी गई है। जाजमऊ के हिंदुस्तान कंपाउंड निवासी सीमा परवीन ने बताया कि वह मूलरूप से फतेहपुर की रहने वाली हैं। उनका निकाह वर्ष 1999 में मौलाना अहमद हसन से हुआ था। शादी के 21 साल बाद 2020 में कोरोना काल के दौरान उनके पति का निधन हो गया था। पति की मृत्यु के बाद, सीमा परवीन ने आरोप लगाया कि उनके पति की तलाकशुदा पत्नी अरफा खातून के बेटे अब्दुल हसन, उसकी पत्नी स्वालेहा और उनके परिवार ने उन्हें प्रताड़ित करना शुरू कर दिया। पीड़िता ने बताया कि मानसिक रूप से परेशान होकर उन्होंने तीन महीने पहले जाजमऊ थाने में शिकायत की थी। उस समय, कुछ धार्मिक लोगों ने दोनों पक्षों के बीच समझौता कराया था और उन्हें दो महीने में उनका हक दिलाने का आश्वासन दिया था। हालांकि, दो महीने बीत जाने के बाद भी उन्हें उनका हक नहीं मिला। इसके बाद, सीमा परवीन ने न्याय के लिए पुलिस आयुक्त से गुहार लगाई, जिनके आदेश पर जाजमऊ थाने में मुकदमा दर्ज किया गया है। सीमा परवीन के अनुसार, 2020 में पति की मौत के बाद जब वह 4 माह 10 दिन की इद्दत पूरी कर घर लौटीं, तो आरोपियों ने उन्हें जान से मारने की धमकी दी और घर से भगा दिया। उन्हें यह भी कहा गया कि शिकायत करने पर उनकी हत्या कर दी जाएगी। पीड़िता ने आरोप लगाया कि आरोपियों को कुछ बदमाशों का संरक्षण प्राप्त है। जाजमऊ थाना प्रभारी ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है और तथ्यों के आधार पर उचित कार्रवाई की जाएगी।
बक्सर में वृद्ध किसान की ट्रेन से गिरकर मौत:नेऊरा स्टेशन पर हादसा, पत्नी के निधन के बाद तनाव में थे
बक्सर के दानापुर–डीडीयू रेलखंड पर नेऊरा रेलवे स्टेशन के समीप चलती ट्रेन से गिरकर बक्सर जिले के पुराना भोजपुर गांव निवासी एक 70 वर्षीय वृद्ध किसान की दर्दनाक मौत हो गई। मृतक की पहचान हरिद्वार यादव उर्फ हरिद्वार पहलवान, पिता स्वर्गीय धर्मदेव यादव के रूप में की गई है। हादसे की खबर मिलते ही परिजनों में कोहराम मच गया, वहीं पूरे गांव में शोक की लहर दौड़ गई। बहन के घर जाने के दौरान हुआ हादसा परिजनों से मिली जानकारी के अनुसार हरिद्वार यादव अपनी बहन के घर मधुपुर जाने के लिए ट्रेन से रवाना हुए थे। दानापुर–डीडीयू रेलखंड पर नेऊरा स्टेशन के पास अत्यधिक भीड़ होने के कारण वह असंतुलित होकर चलती ट्रेन से नीचे गिर पड़े। गिरने से उन्हें गंभीर चोटें आईं और मौके पर ही उनकी मौत हो गई। गुरुवार सुबह करीब 8 बजे घटना की सूचना परिजनों को मिली। पत्नी के निधन के बाद मानसिक तनाव में थे वृद्ध परिजनों ने बताया कि हरिद्वार यादव पेशे से किसान थे और गांव में अपने सरल, मिलनसार स्वभाव के लिए पहचाने जाते थे। बीते सितंबर माह में उनकी पत्नी रामझरिया देवी का निधन हो गया था। इसके बाद से वे मानसिक रूप से काफी परेशान रहने लगे थे और अक्सर गुमसुम रहते थे। परिजन बताते हैं कि वह जीवन के कठिन दौर से गुजर रहे थे। कागजी प्रक्रिया के बाद गांव लाया गया शव घटना की सूचना मिलते ही परिजन नेऊरा स्टेशन पहुंचे, जहां रेलवे प्रशासन और स्थानीय पुलिस ने आवश्यक कागजी कार्रवाई पूरी की। इसके बाद शव को पुराना भोजपुर गांव लाया गया। गुरुवार की शाम जैसे ही शव गांव पहुंचा, माहौल गमगीन हो गया। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल था। तीन बेटे देश की सेवा में, परिवार सदमे में मृतक के परिवार में तीन पुत्र और दो पुत्रियां हैं। सबसे बड़े पुत्र उपेंद्र यादव बिहार पुलिस में कार्यरत हैं। दूसरे पुत्र जितेंद्र यादव केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) में सेवा दे रहे हैं, जबकि तीसरे पुत्र विजय शंकर यादव रेलवे विभाग में कार्यरत हैं। अचानक हुई इस घटना से पूरा परिवार गहरे सदमे में है। गांव के लोगों ने जताई शोक संवेदना घटना की जानकारी मिलते ही सरपंच प्रतिनिधि भरत चौधरी, भाजपा नेता रोहित सिंह, समाजसेवी अवधेश यादव सहित कई गणमान्य लोग मृतक के घर पहुंचे और शोक संतप्त परिवार को ढांढस बंधाया। सभी ने इसे बेहद दुखद घटना बताते हुए ईश्वर से दिवंगत आत्मा की शांति की कामना की। रेल यात्रा की सुरक्षा पर फिर उठे सवाल इस हृदयविदारक घटना ने एक बार फिर रेल यात्रा के दौरान भीड़भाड़ और यात्रियों की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। वहीं पत्नी के निधन के बाद अकेलेपन और मानसिक तनाव से जूझ रहे वृद्ध किसान की असमय मौत ने पूरे क्षेत्र को झकझोर कर रख दिया है।
बागपत पुलिस ने चेकिंग अभियान के दौरान 25 हजार रुपए के इनामी बदमाश समीर को गिरफ्तार किया है। समीर सिंघावली अहीर थाना क्षेत्र का निवासी है और उस पर आठ आपराधिक मामले दर्ज हैं। पुलिस के अनुसार, वह किसी वारदात को अंजाम देने की फिराक में था। पुलिस अधीक्षक ने समीर की गिरफ्तारी पर 25 हजार रुपए का इनाम घोषित किया था। उसे अलग-अलग थाना क्षेत्रों में दर्ज आठ आपराधिक मामलों के चलते जिला बदर किया गया था। हालांकि, जिला बदर की समय सीमा समाप्त होने से पहले ही वह जिले की सीमा में घूम रहा था। सिंघावली अहीर थाना पुलिस ने चेकिंग के दौरान उसे घेराबंदी कर गिरफ्तार किया। पुलिस अब पूरे मामले की जांच कर रही है।
कानपुर के रावतपुर से घर जाने के लिए आटो में बैठे बर्रा निवासी प्रशांत दीक्षित के साथ लूट करने वाले लुटेरे को अरमापुर पुलिस ने गिरफ्तार कर जेल भेजा है। बर्रा निवासी प्रशांत दीक्षित बीते दिनों रावतपुर चौराहे से बर्रा बाई पास के लिए आटो में बैठे थे। आटो में पहले से दो युवक सवार थे। आटो चालक बर्रा बाईपास की जगह आटो को अरमापुर इस्टेट ले गया।जहां पीछे बैठे दोनों युवक ने मारपीट कर प्रशांत से 2200 रुपए और मोबाइल लूट लिया और फरार हो गए। जिसके बाद पीड़ित ने पुलिस से शिकायत की। पुलिस ने आरोपित आटो चालक सनी को गिरफ्तार कर जेल भेजा जबकि दूसरा आरोपित हिस्ट्रीशीटर बाबा अस्तरी उर्फ साहिल ने कोर्ट में आत्म समर्पण कर दिया। वहीं गुरुवार शाम को पुलिस ने रावतपुर के मसवानपुर निवासी तीसरे आरोपित ऋषभ उर्फ आशू को विजय नगर के पास से गिरफ्तार किया है। बाबा अस्तरी रावतपुर थाने का है हिस्ट्रीशीटर बाबा अस्तरी उर्फ़ शाहिल के ऊपर रावतपुर थाने पर लूट, रंगधारी, मारपीट, बलवा, सहित अन्य कई गंभीर धराओं में मुकदमा दर्ज है। यह रावतपुर थाने का हिस्ट्रीशीटर है। इसके कई और भी साथी लूट और चोरी की घटनाओं में लिप्त है उनकी भी खोजबीन की जा रही है। अरमापुर थाना प्रभारी मनोज पांडे ने बताया कि आरोपी ऋषभ को गिरफ्तार कर देर शाम जेल भेजा गया है। इसके दो अन्य साथी पहले जेल भेजे जा चुके है। इसके और भी अपराधी साथियों की कुंडली पुलिस खंगाल रही है। पकड़े गए सभी आरोपी शातिर लुटेरे है।
गाड़ी हटाने के विवाद में युवक पर चाकू से हमला:सड़क पर गिरा, हालत गंभीर; जिला अस्पताल रेफर
हमीरपुर के मौदहा कस्बे में बुधवार देर शाम गाड़ी हटाने को लेकर हुए विवाद में बाइक सवार युवकों ने एक युवक पर चाकू से हमला कर दिया। हमले में युवक गंभीर रूप से घायल हो गया। सूचना पर पहुंची पुलिस ने घायल को अस्पताल में भर्ती कराते हुए मामले की जांच शुरू कर दी है। घटना मौदहा कस्बे के मराठीपुरा मोहल्ले की है। दुर्गापुरी मोहल्ला निवासी प्रशांत कुशवाहा ने अपनी चार पहिया गाड़ी मराठीपुरा स्थित मामा दूध डेयरी के पास सड़क किनारे खड़ी की थी। इसी दौरान बाइक से आए कुछ युवकों ने उससे गाड़ी हटाने को कहा। इस बात को लेकर दोनों पक्षों में कहासुनी हो गई, जो जल्द ही गाली-गलौज और विवाद में बदल गई। विवाद बढ़ने पर बाइक सवार युवकों ने प्रशांत कुशवाहा पर चाकू से ताबड़तोड़ हमला कर दिया, जिससे वह लहूलुहान होकर सड़क पर गिर पड़ा। वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपी मौके से फरार हो गए। घटना की जानकारी मिलते ही मोहल्ले के लोगों ने पुलिस को सूचना दी और घायल को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया। वहां प्राथमिक इलाज के बाद हालत गंभीर होने पर उसे सदर अस्पताल रेफर कर दिया गया। कोतवाली प्रभारी संतोष सिंह ने घायल से पूछताछ की। पुलिस आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रही है और आरोपियों की पहचान कर उनकी गिरफ्तारी के प्रयास किए जा रहे हैं।
रेल मंत्रालय ने बिहार के लोगों को यात्रा के लिए 5 अमृत भारत एक्सप्रेस की सौगात दी है। पूर्व मध्य रेल क्षेत्राधिकार से होकर मॉडर्न सुविधाओं से युक्त 5 नई अमृत भारत के परिचालन का शुभारंभ किया जा रहा है। जिसमें से दो ट्रेन बेगूसराय होकर गुजरेगी। पहले दिन सभी अमृत भारत स्पेशल नंबर से चलेगी। उसके बाद नियमित परिचालन शुरू होगा। 15949/15950 डिब्रूगढ़-गोमती नगर-डिब्रूगढ़ अमृत भारत एक्सप्रेस ट्रेन नंबर-05949 डिब्रूगढ़-गोमतीनगर अमृत भारत उद्घाटन स्पेशल के रूप में परिचालन शुरू किया जाएगा। 18 जनवरी को यह उद्घाटन स्पेशल डिब्रूगढ़ से 11.00 बजे खुलकर दूसरे दिन 14.00 बजे कटिहार, 14.55 बजे नौगछिया, 16.05 बजे खगड़िया, 16.40 बजे बेगूसराय, 17.10 बजे बरौनी जंक्शन, 19.10 बजे हाजीपुर, 19.25 बजे सोनपुर सहित विभिन्न स्टेशनों पर रुकते हुए तीसरे दिन 9.00 बजे गोमती नगर पहुंचेगी। 15671/15672 कामाख्या-रोहतक-कामाख्या अमृत भारत एक्सप्रेस ट्रेन नंबर-05671 कामाख्या-रोहतक अमृत भारत उद्घाटन स्पेशल 18 जनवरी को कामाख्या से 11.00 बजे खुलकर 22.30 बजे कटिहार, 23.22 बजे नौगछिया, अगले दिन 00.25 बजे मानसी, 00.38 बजे खगड़िया, 01.15 बजे बेगूसराय, 02.00 बजे बरौनी जंक्शन, 04.15 बजे हाजीपुर, 04.27 बजे सोनपुर सहित विभिन्न स्टेशनों पर रुकते हुए तीसरे दिन 4.00 बजे रोहतक पहुंचेगी। 13065/13066 हावड़ा-आनंद विहार-हावड़ा अमृत भारत एक्सप्रेस ट्रेन नंबर-03065 संतरागाछी-आनंद विहार अमृत भारत उद्घाटन स्पेशल 18 जनवरी को संतरागाछी से 14.45 बजे खुलकर दुर्गापुर-आसनसोल के रास्ते 20.55 बजे धनबाद, 21.18 बजे नेसुब गोमो, 21.33 बजे पारसनाथ, 22.25 बजे कोडरमा, 23.50 बजे गया तथा 19 जनवरी को 00.38 बजे अनुग्रह नारायण रोड, 00.51 बजे डेहरी ऑन सोन, 01.10 बजे सासाराम, 01.35 बजे भभुआ रोड, 02.50 बजे डीडीयू सहित अन्य स्टेशनों पर रुकते हुए 21.30 बजे आनंद विहार पहुंचेगी। 22587/22588 सियालदह-बनारस-सियालदह अमृत भारत एक्सप्रेस ट्रेन नंबर-03141 संतरागाछी-बनारस अमृत भारत उद्घाटन स्पेशल 18 जनवरी को संतरागाछी से 14.45 बजे खुलकर 16.34 बजे दुर्गापुर, 16.57 बजे आसनसोल, 17.50 बजे मधुपुर, 18.11 बजे जसीडीह, 21.58 बजे पटना और अगले दिन 01.25 बजे डीडीयू स्टेशनों पर रुकते हुए 03.15 बजे बनारस पहुंचेगी। 11031/11032 पनवेल-अलीपुरद्वार-पनवेल अमृत भारत एक्सप्रेस ट्रेन नंबर-01032 सिलीगुड़ी-पनवेल अमृत भारत उद्घाटन स्पेशल 17 जनवरी को सिलिगुडी से 13.45 बजे खुलकर 18.45 बजे कटिहार, 19.40 बजे नौगछिया, 20.40 बजे मानसी, 21.00 बजे खगड़िया, 21.55 बजे हसनपुर रोड, 23.15 बजे समस्तीपुर, दूसरे दिन 00.30 बजे मुजफ्फरपुर, 01.25 बजे हाजीपुर, 01.45 बजे सोनपुर, 02.30 बजे पाटलिपुत्र, 03.00 बजे दानापुर, 03.35 बजे आरा, 04.25 बजे बक्सर एवं 06.40 बजे डीडीयू स्टेशनों पर रुकते हुए तीसरे दिन 11.30 बजे पनवेल पहुंचेगी।
मेरठ फुटबॉल संघ के तत्वावधान में तोपखाना फुटबॉल ग्राउंड पर आयोजित दुर्गा सिंह ट्रॉफी फुटबॉल प्रतियोगिता में 15 जनवरी को दो मुकाबले खेले गए। पहला मैच ई-लाइट एफसी और जैनेक्स एफसी के बीच खेला गया। मैच के पहले हाफ के 10वें मिनट में जैनेक्स के कार्तिक ने पहला गोल दागकर टीम को बढ़त दिलाई। पांच मिनट बाद जैनेक्स को मिली पेनल्टी पर तुषार ने दूसरा गोल करते हुए स्कोर 2-0 कर दिया। दूसरे हाफ में ई-लाइट ने अंतर कम करने की कोशिश की, लेकिन जैनेक्स की डिफेंस लाइन मजबूत रही। 30वें मिनट में तुषार बाटला ने तीसरा गोल दागकर टीम को 3-0 से जीत दिलाई। इस मैच के मैन ऑफ द मैच तुषार रहे जिन्हें पूर्व राष्ट्रीय खिलाड़ी स्व. रविंद्र सिंह उर्फ टीटू की स्मृति में पुरस्कार दिया गया। दूसरा मुकाबला एजेक्स एफसी और रज्जन स्पोर्टिंग के बीच खेला गया। पहले हाफ में दोनों टीमें गोल नहीं कर सकीं और स्कोर बराबरी पर रहा। दूसरे हाफ के 10वें मिनट में एजेक्स के अर्पण ने गोल दागकर टीम को बढ़त दिलाई। मैच के अंतिम चरण में कुणाल ने निर्णायक दूसरा गोल दागकर एजेक्स को 2-0 की जीत दिलाई। इस मैच के मैन ऑफ द मैच अर्पण रहे। पहले मैच में मुख्य अतिथि मेरठ फुटबॉल संघ के संरक्षक उदय भान सिंह, महिपाल सिंह तोमर, सतीश तोमर एवं अजय तोमर रहे। वहीं दूसरे मैच में उपाध्यक्ष श्रीमती रिचा सिंह, अनीता त्यागी एवं रीटा वर्मा मौजूद रहीं। निर्णायक के रूप में गुरदेव सिंह, ललित वर्मा, जुबैर खान, दानिश अहमद, आकाश भटनागर और प्रिंस कुमार ने दायित्व निभाया। मैचों के दौरान सचिव ललित पंत, सह-सचिव हरीश ठाकुर, वरिष्ठ खिलाड़ी जय सिंह, लूकस, वेद प्रकाश, अशोक भटनगर, पॉल थॉमस, राजेंद्र सिंह रंजन, रामदास, सतीश सिंह, कौशल यादव, राम कुमार यादव, फुटबॉल कोच रामचंद्र, राजेंद्र प्रकाश व अमरनाथ गुप्ता आदि मौजूद रहे। कैश कॉलेज के फिजियोथेरेपिस्ट जीनियस त्यागी, मोहम्मद तल्हा और फैज काज़ी का सहयोग सराहनीय रहा। आयोजन सचिव हरीश ठाकुर ने बताया कि बुधवार को प्रतियोगिता में दो मुकाबले खेले जाएंगे। पहला मैच चंदा एफसी और स्पार्टन एफसी के बीच एवं दूसरा मैच एमएफए एफसी व एबीसीडी एफसी के मध्य खेला जाएगा।
निवाड़ी जिले के पृथ्वीपुर में बुधवार को कविता पाठ के दौरान 70 वर्षीय कवि की हार्ट अटैक से मौत हो गई। कविता पाठ के दौरान वह असहज हुए और मंच से अचानक गिर पड़े। लोगों ने तुरंत उन्हें संभालकर इलाज के लिए ले जाने का प्रयास किया गया, लेकिन तब तक उन्होंने दम तोड़ दिया। कविता पाठ के बीच अचानक बिगड़ी तबीयत टीकमगढ़ निवासी सत्यप्रकाश खरे ‘सत्य-सुधा’ 14 जनवरी को पृथ्वीपुर में आयोजित काव्य गोष्ठी में शामिल होने आए थे। वे मंच से अपनी कविता सुना रहे थे, तभी अचानक उनकी आवाज धीमी पड़ने लगी। कुछ ही पलों में वे असहज हुए और मंच पर गिर पड़े। मौके पर ही तोड़ा दम प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि आयोजकों और उपस्थित लोगों ने तुरंत मदद की कोशिश की। उन्हें संभालकर इलाज के लिए ले जाने का प्रयास किया गया, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी। डॉक्टरों ने प्रारंभिक जांच में मौत का कारण हार्ट अटैक बताया है। कवियों और साहित्यकारों ने दी श्रद्धांजलि इस दुखद घटना के बाद निवाड़ी और टीकमगढ़ सहित आसपास के क्षेत्रों में शोक का माहौल है। कई कवियों, साहित्यकारों और सामाजिक लोगों ने सोशल मीडिया और व्यक्तिगत संदेशों के माध्यम से उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की है। साहित्य जगत में शोक की लहर सत्यप्रकाश खरे ‘सत्य-सुधा’ साहित्य जगत का जाना-पहचाना नाम थे। वे एक संवेदनशील कवि होने के साथ-साथ सेवानिवृत्त एलआईसी अधिकारी भी थे। टीकमगढ़ में उनकी अलग पहचान थी और वे अपनी सरलता और सौम्य स्वभाव के लिए जाने जाते थे।
हमीरपुर के सुमेरपुर थाना क्षेत्र में युवती का आपत्तिजनक वीडियो सोशल मीडिया पर अपलोड कर माहौल बिगाड़ने वाले मुख्य आरोपी युवक को पुलिस ने मुठभेड़ के दौरान गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस की जवाबी कार्रवाई में आरोपी के दाहिने पैर में गोली लगी, जिसके बाद उसे जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है। आपत्तिजनक वीडियो सामने आने के बाद कस्बे में भारी तनाव फैल गया था। व्यापार मंडल और कई हिंदू संगठनों ने बाजार बंद कराते हुए थाने का घेराव किया और नेशनल हाईवे पर जाम लगा दिया था। हालात बिगड़ते देख पुलिस और प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंचे और स्थिति को नियंत्रित किया गया। इस मामले में पुलिस ने मुहम्मद अफफान और उसके पिता मौलाना खान के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर कई टीमें गठित की थीं। पुलिस के अनुसार, चंद घंटों के भीतर मुख्य आरोपी को हिरासत में ले लिया गया। सीओ सदर राजेश कमल ने बताया कि पूछताछ के दौरान मोबाइल फोन की बरामदगी के लिए आरोपी को उसकी निशानदेही पर ले जाया जा रहा था। इसी दौरान देवगांव रोड पर उसने पुलिस को चकमा देकर भागने की कोशिश की और तमंचा निकालकर फायर कर दिया। पुलिस की जवाबी कार्रवाई में आरोपी के पैर में गोली लगी, जिसके बाद उसे मौके पर ही दबोच लिया गया। सीओ ने बताया कि आरोपी के खिलाफ नाबालिग से दुष्कर्म, आईटी एक्ट और धर्मांतरण से जुड़े गंभीर आरोप दर्ज हैं। मुठभेड़ स्थल से आरोपी के कब्जे से तमंचा, कारतूस और एक खोखा भी बरामद किया गया है। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की गहन जांच कर रही है। किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए कस्बे में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है और शांति व्यवस्था बनाए रखने के प्रयास किए जा रहे हैं।
प्रतापगढ़ में जज के चालक की पिटाई:दबंगों ने सुनसान जगह ले जाकर पीटा, रास्ते के विवाद में हमला
प्रतापगढ़ में जिला न्यायालय के एक जज के चालक को गांव के कुछ लोगों ने पीटा है। यह घटना कोतवाली देहात क्षेत्र में शिवम मैरिज हॉल के पीछे नहर के पास हुई। पीड़ित चालक की पहचान रुद्र सिंह के रूप में हुई है। वह जिला न्यायालय में कोर्ट नंबर 31 के जज के चालक हैं। आरोप है कि गांव के कुछ लोगों ने रुद्र को फोन कर बुलाया। इसके बाद उन्हें कार में बैठाकर एक सुनसान जगह ले गए और लाठी-डंडों से हमला कर दिया। इस हमले में रुद्र सिंह घायल हो गए। घटना के बाद रुद्र को तत्काल इलाज के लिए मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया है। डॉक्टरों की निगरानी में उनका उपचार जारी है। पीड़ित के भाई विक्रम सिंह ने इस मामले में आरोप लगाए हैं। विक्रम के अनुसार, लीलापुर थाना क्षेत्र के खरगपुर गांव में रास्ते को लेकर लंबे समय से विवाद चल रहा है। इसी पुरानी रंजिश के चलते गांव के कुछ लोगों ने साजिश रचकर रुद्र को फोन कर बुलाया और सुनसान जगह पर ले जाकर मारपीट की। विक्रम सिंह ने चिराग और आयुष सहित दो अज्ञात लोगों पर हमले का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि हमलावरों ने जान से मारने की नीयत से हमला किया था, लेकिन समय रहते लोगों के पहुंचने से रुद्र की जान बच गई।
कासगंज जनपद के सोरों कोतवाली क्षेत्र में गुरुवार रात एक सड़क हादसे में 55 वर्षीय रक्षपाल की मौत हो गई। इस दुर्घटना में मोटरसाइकिल पर सवार 35 वर्षीय अरविंद मामूली रूप से घायल हो गए, जिन्हें उपचार के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र सोरों में भर्ती कराया गया। यह हादसा नगरिया से मल्लाह नगर आते समय हुआ। रक्षपाल की मोटरसाइकिल को किसी अज्ञात वाहन ने टक्कर मार दी, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गए और उनकी मौके पर ही मौत हो गई। कोतवाली सोरों थाने के प्रभारी जगदीश चंद्र के अनुसार, मृतक रक्षपाल पुत्र शंकर मोटरसाइकिल (नंबर UP 87K 2416) चला रहे थे। उनके पीछे अरविंद पुत्र वैध रमन लाल कश्यप बैठे थे। बताया जा रहा है कि दोनों नशे की हालत में थे। घायल अरविंद को एम्बुलेंस द्वारा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र सोरों ले जाया गया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद उन्हें छुट्टी दे दी गई। सोरों पुलिस ने मृतक रक्षपाल के शव को कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम के लिए जिला मॉर्च्युरी भेज दिया है। कोतवाली सोरों प्रभारी निरीक्षक ने बताया कि हादसे के बाद क्षेत्र में कानून व्यवस्था सामान्य है। अज्ञात वाहन चालक के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर आवश्यक विधिक कार्रवाई की जा रही है।
अवैध हथियार मामले में दो को तीन साल कैद:सहरसा कोर्ट ने लगाया जुर्माना, आर्म्स एक्ट के तहत सजा
सहरसा न्यायालय ने अवैध हथियार रखने के एक मामले में दो आरोपियों को तीन-तीन साल के सश्रम कारावास की सजा सुनाई है। न्यायिक दंडाधिकारी प्रथम श्रेणी हसन तवरेज ने गुरुवार, 15 जनवरी को यह फैसला सुनाया। यह मामला 9 जनवरी 2025 का है, जिसे चिडैया थाना में मामला दर्ज किया गया था। इसमें आर्म्स एक्ट की धारा 25(1-बी) ए, 26 और 35 के तहत आरोप लगाए गए थे। कारावास के पांच हजार रुपये का अर्थदंड न्यायालय ने आरोपी अबरेन कुमार उर्फ अबो कुमार और ऋषि कुमार को दोषी पाया। दोनों पिपरा, वार्ड संख्या-11, थाना सलखुआ, जिला सहरसा के निवासी हैं। कारावास के साथ-साथ प्रत्येक दोषी पर पांच हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया गया है। कोर्ट ने स्पष्ट किया कि अर्थदंड का भुगतान न करने की स्थिति में दोषियों को एक माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा। अवैध हथियार रखना कानून-व्यवस्था के लिए गंभीर खतरा इस मामले को त्वरित विचारण के लिए चुना गया था और यह सहरसा पुलिस अधीक्षक हिमांशु द्वारा चयनित टीएमएस पोर्टल पर भी अपलोड था। अभियोजन पक्ष की ओर से अभियोजन पदाधिकारी विनय कुमार ने मजबूती से पक्ष रखा। न्यायालय ने अपने फैसले में कहा कि अवैध हथियार रखना समाज और कानून-व्यवस्था के लिए गंभीर खतरा है, ऐसे मामलों में सख्ती आवश्यक है। इस फैसले को सहरसा पुलिस की प्रभावी कार्रवाई की सफलता माना जा रहा है, जिससे जिले में अपराध और अवैध हथियारों पर अंकुश लगाने में मदद मिलेगी।
कुचामन सिटी के न्यू कॉलोनी स्थित कुचामन विद्या मंदिर प्रवेशिका विद्यालय में गुरुवार को ब्राह्मण छह न्याति समाज द्वारा संचालित विद्यालय प्रबंधन समिति के चुनाव सर्वसम्मति से संपन्न हुए। चुनाव अधिकारी वैद्य नागरमल मिश्र की देखरेख में आयोजित इस प्रक्रिया में समाज के प्रबुद्धजनों ने आपसी सहमति से नई कार्यकारिणी का गठन किया। चुनाव में मनोज जोशी को निर्विरोध अध्यक्ष चुना गया, जबकि घनश्याम नवहाल को मंत्री पद की जिम्मेदारी सौंपी गई। कार्यकारिणी में लॉयन नरेंद्र जोशी व रविकांत सारस्वत को उपाध्यक्ष, संजय उपाध्याय को संयुक्त मंत्री, गिरीराज खरीट को कोषाध्यक्ष तथा राजेन्द्र सिखवाल को लेखा परीक्षक निर्वाचित किया गया। आय-व्यय का ब्यौरा प्रस्तुत, पुरानी कार्यकारिणी का आभार चुनाव प्रक्रिया से पूर्व निवर्तमान कोषाध्यक्ष गिरीराज खरीट ने पिछले कार्यकाल का आय-व्यय ब्योरा सदन के समक्ष रखा, जिसे उपस्थित सभी सदस्यों ने सर्वसम्मति से अनुमोदित किया। निवर्तमान अध्यक्ष उमेश सर्राफ ने अपने कार्यकाल के दौरान किए गए विकास कार्यों की जानकारी साझा की और सहयोग के लिए समस्त समाजबंधुओं का आभार व्यक्त किया। परशुराम सर्किल और छात्रावास भूमि पर हुई चर्चा बैठक के दौरान विप्र समाज के अध्यक्ष घनश्याम गौड़ ने समाज के प्रमुख प्रोजेक्ट्स जैसे परशुराम सर्किल निर्माण की प्रगति और छात्रावास हेतु भूमि आवंटन के लिए किए जा रहे प्रयासों से अवगत कराया। कार्यक्रम में मौजूद नगर परिषद सभापति सुरेश सिखवाल ने सामाजिक एकता पर बल दिया और भरोसा दिलाया कि परशुराम सर्किल का निर्माण कार्य शीघ्र ही धरातल पर शुरू करवा दिया जाएगा। नवनियुक्त पदाधिकारियों का शपथ ग्रहण और अभिनंदन नवनियुक्त अध्यक्ष मनोज जोशी ने पदभार ग्रहण करने के बाद अपने संबोधन में सभी को साथ लेकर चलने और संस्था को नई ऊंचाइयों पर ले जाने का संकल्प दोहराया। चुनाव अधिकारी ने पूरी टीम को पद एवं गोपनीयता की शपथ दिलाई। इसके पश्चात आयोजित सम्मान समारोह में समाजबंधुओं ने नवनिर्वाचित पदाधिकारियों का माल्यार्पण, साफा बंधन और मुंह मीठा कराकर गर्मजोशी से अभिनंदन किया। इस दौरान भंवरलाल पारीक, बालकृष्ण जोशी, सुरेशकुमार गौड़ सहित बड़ी संख्या में समाज के गणमान्य नागरिक मौजूद रहे।
अरवल में गुरुवार को बामसेफ और भारत मुक्ति मोर्चा के राष्ट्रीय अधिवेशन पर प्रशासन द्वारा लगाई गई रोक के विरोध में जोरदार धरना-प्रदर्शन किया गया। यह प्रदर्शन अरवल प्रखंड परिसर में आयोजित हुआ। भारत मुक्ति मोर्चा के जिला अध्यक्ष राकेश कुमार के नेतृत्व में हुए इस धरने में बड़ी संख्या में कार्यकर्ता और समर्थक शामिल हुए। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि प्रस्तावित राष्ट्रीय अधिवेशन शांतिपूर्ण, संवैधानिक और लोकतांत्रिक तरीके से आयोजित किया जाना था। नेताओं ने आरोप लगाया कि अधिवेशन के लिए सभी आवश्यक कानूनी औपचारिकताएं समय पर पूरी कर ली गई थीं, इसके बावजूद प्रशासन ने अनुमति रद्द कर दी। वक्ताओं ने इसे राजनीतिक दबाव में लिया गया निर्णय बताया, जो नागरिकों के मौलिक अधिकारों का उल्लंघन है। प्रदर्शन के दौरान वक्ताओं ने भारतीय संविधान के अनुच्छेद 19(1)(a), 19(1)(b), 19(1)(c) और अनुच्छेद 14 का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता, शांतिपूर्ण सभा, संगठन बनाने और समानता का अधिकार हर नागरिक को प्राप्त है। ऐसे में किसी सामाजिक या वैचारिक संगठन के राष्ट्रीय अधिवेशन पर रोक लगाना संविधान की मूल भावना के खिलाफ है। धरने में यह भी बताया गया कि यह अधिवेशन ओबीसी, एससी, एसटी और मूलनिवासी समाज से जुड़े संवैधानिक अधिकारों और सामाजिक न्याय के अहम मुद्दों पर चर्चा के लिए आयोजित किया जा रहा था। वक्ताओं ने विशेष रूप से ओबीसी की जाति आधारित जनगणना जैसे मुद्दों को दबाने की कोशिशों को लोकतंत्र के लिए खतरनाक संकेत बताया। उन्होंने डॉ. भीमराव अंबेडकर के कथन का हवाला देते हुए कहा कि मौलिक अधिकार तभी सार्थक हैं, जब उनके संरक्षण की व्यवस्था हो। भारत मुक्ति मोर्चा ने प्रशासन और सरकार के समक्ष पांच प्रमुख मांगें रखीं। इनमें राष्ट्रीय अधिवेशन की अनुमति तत्काल बहाल करने, कार्यकर्ताओं को हुए आर्थिक नुकसान की भरपाई करने, भविष्य में संवैधानिक कार्यक्रमों को राजनीतिक दबाव में न रोकने, जाति आधारित जनगणना से जुड़े मामलों की निष्पक्ष जांच तथा संविधान की रक्षा के लिए राष्ट्रपति से आवश्यक हस्तक्षेप की मांग शामिल है। नेताओं ने चेतावनी दी कि यदि इन मांगों पर शीघ्र सकारात्मक निर्णय नहीं लिया गया, तो भारत मुक्ति मोर्चा, बामसेफ और सहयोगी संगठन देशव्यापी, शांतिपूर्ण और चरणबद्ध आंदोलन को और तेज करेंगे। उन्होंने स्पष्ट किया कि यह लड़ाई किसी एक संगठन की नहीं, बल्कि संविधान, लोकतंत्र और बहुजन समाज के अधिकारों की रक्षा की है।
मधेपुरा कोर्ट परिसर में बुधवार को बाइक चोरी के प्रयास में दो चोरों को लोगों ने रंगे हाथ पकड़ लिया। घटना के बाद आक्रोशित लोगों ने दोनों युवकों की जमकर पिटाई कर दी। करीब एक घंटे तक कोर्ट परिसर में हाई वोल्टेज ड्रामा चलता रहा। कोर्ट की सुरक्षा में तैनात जवानों ने स्थिति को नियंत्रित किया और दोनों आरोपियों को भीड़ के चंगुल से मुक्त कर सदर थाना पुलिस के हवाले कर दिया। प्राप्त जानकारी के अनुसार सिंहेश्वर थाना क्षेत्र के मजरहट निवासी प्रेमखुश कुमार बुधवार को किसी निजी कार्य से मधेपुरा कोर्ट पहुंचे थे। उन्होंने अपनी बाइक कोर्ट परिसर में खड़ी की और आवश्यक काम निपटाने के लिए अंदर चले गए। इसी दौरान दो युवक उनकी बाइक के पास पहुंचे और बाइक का लॉक खोलकर चोरी करने का प्रयास करने लगे। संदेह होने पर प्रेमखुश कुमार ने शोर मचा दिया। शोर सुनते ही आसपास मौजूद अधिवक्ता और अन्य लोग मौके पर जुट गए। जवान मौके पर पहुंचे,दोनों युवकों को लोगों से छुड़ाया लोगों ने दोनों युवकों को मौके पर ही पकड़ लिया। इसके बाद आक्रोशित भीड़ ने दोनों की पिटाई शुरू कर दी। देखते ही देखते कोर्ट परिसर में भारी भीड़ जमा हो गई। सूचना मिलने पर कोर्ट की सुरक्षा में तैनात जवान मौके पर पहुंचे और किसी तरह स्थिति को संभालते हुए दोनों युवकों को लोगों से छुड़ाया पकड़े गए दोनों युवकों की पहचान धुरगांव वार्ड-11 निवासी अमित कुमार और भतखोड़ा निवासी दिलखुश कुमार के रूप में की गई है। घटना की सूचना मिलने पर सदर थाना पुलिस भी मौके पर पहुंची और दोनों आरोपियों को हिरासत में लेकर थाना ले गई। सदर थानाध्यक्ष विमलेंदु कुमार ने बताया कि दोनों युवकों से पूछताछ की जा रही है। पीड़ित द्वारा आवेदन दिए जाने के बाद मामले में आगे की विधिसम्मत कार्रवाई की जाएगी।
फर्रुखाबाद में दो बाइकों की भिड़ंत:किसान की मौत, एलएलबी छात्र गंभीर रूप से घायल
फर्रुखाबाद जनपद के जहानगंज थाना क्षेत्र में दानमंडी के पास दो बाइकों की आमने-सामने की भिड़ंत हो गई। इस हादसे में एक किसान की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि एलएलबी का एक छात्र गंभीर रूप से घायल हो गया। दोनों को लोहिया अस्पताल ले जाया गया। मृतक की पहचान जहानगंज थाना क्षेत्र के न्यामतपुर ठाकुरान निवासी 55 वर्षीय शत्रुघ्न सिंह के रूप में हुई है। वह गुरुवार शाम को अपनी बाइक से कुछ सामान लेने बाजार जा रहे थे। शत्रुघ्न सिंह खेती-बाड़ी कर अपने परिवार का भरण-पोषण करते थे। उनके परिवार में एक बेटा और एक बेटी है। दूसरी बाइक पर सवार अमृतपुर थाना क्षेत्र के करनपुर दत्त निवासी विकास शर्मा भी इस दुर्घटना में घायल हुए हैं। विकास एलएलबी की परीक्षा देकर घर लौट रहे थे। लोहिया अस्पताल पहुंचने पर इमरजेंसी ड्यूटी पर तैनात चिकित्सक ने शत्रुघ्न सिंह को मृत घोषित कर दिया। विकास शर्मा का अस्पताल में उपचार जारी है। अस्पताल प्रशासन ने शव को मॉर्चरी में रखवा दिया है और घटना की सूचना थाना पुलिस को दे दी है। मोर्चरी पर मृतक के परिवार आज लोगों ने बताया। फरवरी में मृतक के बेटे आदित्य की शादी है। शादी को लेकर परिवार के लोग खुश थे। अचानक से यह हादसा हो गया।
पानीपत जिले में जिला उपायुक्त डॉ. वीरेंद्र कुमार दहिया के मार्गदर्शन में नगर एवं ग्राम योजना विभाग ने शहर और आसपास के क्षेत्रों में बन रही अवैध कॉलोनियों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। इस अभियान के तहत 40 एकड़ में फैली छह अवैध कॉलोनियों को निशाना बनाया गया। इस कार्रवाई में जिला योजनाकार विभाग ने दो अनधिकृत ढांचों को ध्वस्त किया। इसके अतिरिक्त, 25 निर्माणाधीन मकानों, 20 डीपीसी (डैम्प प्रूफ कोर्स) और कच्ची सड़कों के नेटवर्क को भी खत्म किया गया। चार कॉलोनियों में बनाई जा रही चारदीवारी को भी गिराया गया है। तीन जेसीबी का हुआ उपयोग जिला नगर योजनाकार अधिकारी सुमित मलिक ने बताया कि इस कार्रवाई को अंजाम देने के लिए तीन जेसीबी मशीनों का उपयोग किया गया। पानीपत, इसराना और समालखा क्षेत्रों में अवैध रूप से विकसित की जा रही कॉलोनियों को विशेष रूप से निशाना बनाया गया। नोटिस के बाद हुई कार्रवाई विभाग ने इन मकान मालिकों को पहले ही नोटिस जारी किए थे, लेकिन उन्होंने सरकार के आदेशों की अवहेलना की। इसके बाद, जिला उपायुक्त डॉ. वीरेंद्र कुमार दहिया के निर्देश पर यह कार्रवाई की गई। इसराना क्षेत्र में बलाना गांव, इसराना शिवाह, महाराणा और गढ़ी वाडा सहित लगभग 40 एकड़ में छह कॉलोनियां काटी जा रही थीं। जारी रहेगा अभियान जिला नगर योजनाकार अधिकारी सुमित मलिक ने अवैध निर्माण करने वाले मकान मालिकों और कॉलोनाइजरों को चेतावनी दी है कि यह कार्रवाई लगातार जारी रहेगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि सरकार किसी भी प्रकार के अवैध निर्माण को बढ़ावा नहीं देगी और ऐसे सभी निर्माणों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
मरम्मत के दौरान ईको कार में लगी आग:मिस्त्री झुलसा, दो अन्य वाहन भी चपेट में
मथुरा के सौंख अड्डा क्षेत्र स्थित पंजाबी पेच पर गुरुवार शाम मरम्मत के दौरान एक ईको कार में आग लग गई। इस घटना में एक मिस्त्री मामूली रूप से झुलस गया, जबकि आग की तपिश से पास खड़ी एक स्कूटी और ऑल्टो कार भी आंशिक रूप से क्षतिग्रस्त हो गईं। जानकारी के अनुसार, पंजाबी पेच क्षेत्र में जाकिर नामक मिस्त्री कारों की मरम्मत का काम करता है। गुरुवार शाम करीब पांच बजे वह एक ईको कार की मरम्मत कर रहा था। इसी दौरान अचानक कार से धुआं उठने लगा और कुछ ही पलों में आग ने विकराल रूप ले लिया। आग इतनी तेजी से फैली कि ईको कार के पास खड़ी स्कूटी और ऑल्टो कार भी उसकी चपेट में आ गईं। आग लगते ही आसपास मौजूद लोगों में हड़कंप मच गया। लोगों ने तुरंत ईको कार को धक्का मारकर आगे कर दिया, जिससे पास खड़े अन्य वाहनों को अधिक नुकसान होने से बचाया जा सका। इसके बाद आसपास के मिस्त्री और स्थानीय लोग आग बुझाने में जुट गए। कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पा लिया गया। आग बुझाने के दौरान इसरार नामक मिस्त्री के पैर झुलस गए। हालांकि, उसे गंभीर चोट नहीं आई। घटना की सूचना मिलते ही दमकल विभाग की टीम भी मौके पर पहुंची, लेकिन उनके पहुंचने से पहले ही स्थानीय लोगों ने आग पर पूरी तरह काबू पा लिया था। जाकिर मिस्त्री ने बताया कि जिस ईको कार में आग लगी थी, उसमें सीएनजी किट लगी हुई थी। मरम्मत के दौरान शॉर्ट सर्किट होने के कारण आग लगी। आग की चपेट में आकर ईको कार पूरी तरह जल गई, जबकि स्कूटी और ऑल्टो कार को मामूली नुकसान पहुंचा है।
चाय टपरी विवाद में पूर्व सरपंच की मौत:18 घंटे में आरोपी गिरफ्तार, पुरानी रंजिश में हुई मारपीट
रायसेन जिले के बाड़ी थाना क्षेत्र में चाय की टपरी पर हुए विवाद के बाद पूर्व सरपंच देवी सिंह चौहान की मौत हो गई। पुलिस ने इस मामले में तत्परता दिखाते हुए मुख्य आरोपी को 18 घंटे के भीतर गिरफ्तार कर लिया है। घटना 14 जनवरी की रात की है। पुलिस के अनुसार, बाड़ी के बाबई निवासी पूर्व सरपंच देवी सिंह चौहान चाय-नाश्ते की दुकान चलाते थे। 14 जनवरी की रात करीब 9 बजे साईंखेड़ा बाबई क्षेत्र के मनीष उर्फ रघुराज धाकड़ से उनकी पुरानी रंजिश को लेकर कहासुनी हो गई। विवाद इतना बढ़ा कि आरोपी ने देवी सिंह चौहान और उनके बेटे नीलेश चौहान के साथ मारपीट कर दी। इस मारपीट में देवी सिंह चौहान को गंभीर चोटें आईं। घायल अवस्था में देवी सिंह चौहान किसी तरह बाड़ी थाने पहुंचे और घटना की रिपोर्ट दर्ज कराई। मामले की गंभीरता को देखते हुए एसडीओपी नीलम चौधरी ने तत्काल मेडिकल परीक्षण के निर्देश दिए। पुलिस घायल को बाड़ी अस्पताल ले गई, जहां इलाज के दौरान अंदरूनी चोटों के कारण उनकी मौत हो गई। घटना के बाद आरोपी फरार हो गया था। पुलिस अधीक्षक आशुतोष गुप्ता के निर्देश पर, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक कमलेश कुमार खरपूसे और एसडीओपी नीलम चौधरी के मार्गदर्शन में थाना प्रभारी निरीक्षक राजेश तिवारी ने एक टीम गठित की गई। पुलिस ने 18 घंटे के भीतर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। इस कार्रवाई में थाना प्रभारी राजेश तिवारी, उप निरीक्षक संजय यादव, शिवलाल सूर्यवंशी और देवेंद्र सिंह की अहम भूमिका रही। थाना बाड़ी में हत्या सहित कई धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है। पुलिस ने बताया कि आरोपी के खिलाफ अन्य थानों में भी आपराधिक प्रकरण दर्ज हैं।
ग्रेटर नोएडा सोसाइटी बालकनी में मिला युवक का शव:पुलिस हत्या-आत्महत्या के एंगल पर कर रही है जांच
ग्रेटर नोएडा के सूरजपुर कोतवाली क्षेत्र स्थित पैरामाउंट सोसाइटी में एक युवक का शव गुरुवार को संदिग्ध परिस्थितियों में मिला है। उसका शव सोसाइटी की दूसरी मंजिल की बालकनी में पड़ा हुआ मिला, जिसके बाद पुलिस ने हत्या और आत्महत्या दोनों एंगल से जांच शुरू कर दी है। मृतक की पहचान सिकंदराबाद के निजामपुर गांव निवासी 20 वर्षीय मनीष पुत्र लीले के रूप में हुई है। मनीष बुधवार को अपने दोस्तों से मिलने के लिए सोसाइटी आया था और रात के समय वह ओक टावर की 19वीं मंजिल पर स्थित दोस्तों के फ्लैट में रुका था। वह हाईस्कूल पास था और गांव में खेती का काम करता था। बताया गया है कि मनीष ने दोस्तों के साथ पार्टी की और फिर दूसरे कमरे में सोने चला गया। गुरुवार सुबह उसका शव दूसरी मंजिल की बालकनी में मिलने से सनसनी फैल गई। घटना के बाद से मनीष के दोस्त कथित तौर पर फरार बताए जा रहे हैं। सूचना मिलने पर परिजन भी मौके पर पहुंच गए। पुलिस को सूचना मिली थी कि पैरामाउंट सोसाइटी के ओक टावर की बालकनी में एक युवक का शव पड़ा है। मौके पर पहुंची पुलिस ने शव का पंचनामा भरकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। सोसाइटी के निवासियों ने आशंका जताई है कि उसे 19वीं मंजिल से फेंका गया होगा। एसीपी के मुताबिक, मनीष पहले भी कई बार ग्रेटर नोएडा अपने दोस्तों से मिलने आया था। पुलिस का कहना है कि अभी तक की जांच में घटना कूदकर आत्महत्या की प्रतीत हो रही है। पुलिस मृतक के परिजनों से भी घटना के संबंध में जानकारी जुटा रही है।
मथुरा में डीसीएम-गैस टैंकर की टक्कर:बरेली हाईवे पर गैस रिसाव, दो भैंसों की मौत, चालक घायल
मथुरा के जमुनापार थाना क्षेत्र में गुरुवार को बरेली हाईवे पर एक डीसीएम और भारत गैस टैंकर की आमने-सामने टक्कर हो गई। इस हादसे में टैंकर से गैस का रिसाव शुरू हो गया, जिससे क्षेत्र में अफरा-तफरी मच गई। टक्कर में दो भैंसों की मौत हो गई और डीसीएम चालक घायल हो गया। जानकारी के अनुसार, इटावा जनपद के उसराहार थाना क्षेत्र के किशनपुर निवासी सतीश भारत गैस का टैंकर लेकर बरेली की ओर जा रहे थे। पीछे से आ रही एक डीसीएम ने टैंकर में जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि टैंकर के कैप्सूल के ऊपर लगा वाल्व टूट गया और गैस का रिसाव होने लगा। गैस फैलने की आशंका से राहगीरों और आसपास के लोगों में दहशत फैल गई। घटना की सूचना मिलते ही जमुनापार थाना प्रभारी विदेश कुमार पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए तत्काल हाईवे को आंशिक रूप से खाली कराया गया। पुलिस ने एहतियातन भारत गैस के टैंकर को हाईवे से हटवाकर राया कट यमुना एक्सप्रेसवे ब्रिज के पास स्थित खुले डंपिंग यार्ड में खड़ा कराया, ताकि किसी बड़े हादसे को टाला जा सके। हादसे में डीसीएम वाहन में लदी भैंसों को भी नुकसान हुआ। डीसीएम में लदी दो भैंसों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि डीसीएम चालक गंभीर रूप से घायल हो गया। घायल चालक को पुलिस की मदद से नजदीकी अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उसका इलाज जारी है। जमुनापार थाना प्रभारी विदेश कुमार ने बताया कि स्थिति अब पूरी तरह नियंत्रण में है और किसी प्रकार की जनहानि नहीं हुई है। मामले की जांच की जा रही है।
सहारनपुर नगर निगम ने शहर के सभी वार्डों में सुनियोजित विकास और मूलभूत सुविधाओं के विस्तार के लिए कार्य शुरू कर दिया है। इसी क्रम में गुरुवार शाम को महापौर डॉ. अजय कुमार ने वार्ड संख्या 13 नानकपुरम में सीसी रोड और नाली निर्माण कार्य का विधिवत शुभारंभ किया। महापौर ने फीता काटकर और नारियल फोड़कर निर्माण कार्य की शुरुआत की। नानकपुरम पहुंचने पर स्थानीय निवासियों ने माल्यार्पण कर उनका जोरदार स्वागत किया। इस अवसर पर क्षेत्रवासियों में काफी उत्साह देखने को मिला। नानकपुरम के लोगों की काफी समय से सड़क और नाली निर्माण की मांग थी, जिसे पूरा होते देख उन्होंने नगर निगम और महापौर का आभार व्यक्त किया। इस परियोजना पर करीब 14 लाख रुपये की लागत आएगी। महापौर डॉ. अजय कुमार ने कहा कि नगर निगम का उद्देश्य शहर के हर वार्ड में समान रूप से विकास कार्य कराना है, ताकि नागरिकों को बेहतर सुविधाएं मिल सकें। उन्होंने बताया कि इस निर्माण से क्षेत्र में आवागमन सुगम होगा और बरसात के मौसम में जलभराव की समस्या से भी राहत मिलेगी। महापौर ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के मार्गदर्शन का जिक्र करते हुए कहा कि नगर निगम सहारनपुर शहर के विकास के लिए लगातार प्रयास कर रहा है। सड़कों, नालियों, प्रकाश व्यवस्था और साफ-सफाई जैसी बुनियादी सुविधाओं को प्राथमिकता दी जा रही है। उन्होंने जोर देकर कहा कि जनता की समस्याओं का समाधान करना नगर निगम की पहली जिम्मेदारी है। इस मौके पर महानगर अध्यक्ष शीतल विश्नोई, पार्षद प्रतिनिधि नीरज दिवाकर, हौजरी एसोसिएशन के अध्यक्ष मंजीत अरोड़ा, भाजपा नेता सुमित अरोड़ा, प्रमोद कश्यप सहित अन्य गणमान्य लोग और बड़ी संख्या में स्थानीय निवासी मौजूद रहे। सभी ने विकास कार्य शुरू होने पर प्रसन्नता व्यक्त की।
बड़हलगंज थाना क्षेत्र में पतंग उड़ाते समय करंट लगने से 10 वर्षीय उत्कर्ष की मौत हो गई। यह घटना मकर संक्रांति के दिन हुई, जब उत्कर्ष अपने ननिहाल तीहा मुहम्मदपुर आया हुआ था। उत्कर्ष, जो सरया महुलिया निवासी अनिल का पुत्र था, गुरुवार को पतंगबाजी कर रहा था। इस दौरान उसकी पतंग एक पेड़ में फंस गई। पतंग उतारने के लिए वह पेड़ पर चढ़ गया। करंट लगने से गई जान बताया जा रहा है कि जिस पेड़ पर पतंग फंसी थी, वहीं से विद्युत तार गुजर रहा था। पतंग उतारने की कोशिश में उत्कर्ष अनजाने में तार के संपर्क में आ गया और करंट की चपेट में आ गया। करंट लगते ही वह तार और पेड़ से चिपक गया। घटना की जानकारी मिलते ही परिजन और ग्रामीण घटनास्थल पर पहुंचे। किसी तरह विद्युत आपूर्ति बंद कराई गई। सूचना मिलने पर पुलिस भी मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में ले लिया। उत्कर्ष अपने माता-पिता का इकलौता पुत्र था और उसकी एक बहन है। थानाध्यक्ष सुनिल राय ने बताया ''सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया''।
बिहार पुलिस अवर सेवा आयोग (BPSSC) के तहत आयोजित होने वाली पुलिस अवर निरीक्षक (दारोगा) प्रारंभिक लिखित परीक्षा को कदाचारमुक्त और शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने को लेकर मधुबनी जिला प्रशासन पूरी तरह सतर्क है। इसी क्रम में गुरुवार को डीआरडीए स्थित सभाकक्ष में जिलाधिकारी आनंद शर्मा ने प्रतिनियुक्त दंडाधिकारियों एवं पुलिस अधिकारियों के साथ बैठक कर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। समय पर प्रतिनियुक्ति स्थल पर पहुंचने का निर्देश जिलाधिकारी ने सभी प्रतिनियुक्त दंडाधिकारियों एवं पुलिस पदाधिकारियों को निर्देश दिया कि वे ससमय अपने-अपने प्रतिनियुक्ति स्थल पर पहुंचना सुनिश्चित करें। साथ ही परीक्षा केंद्र पर जाने वाले सभी पदाधिकारियों को अपना पहचान पत्र अनिवार्य रूप से साथ रखने का निर्देश भी दिया गया। 18 और 21 जनवरी को दो-दो पालियों में होगी परीक्षा जिलाधिकारी ने बताया कि पुलिस अवर निरीक्षक प्रारंभिक लिखित परीक्षा मधुबनी जिले के निर्धारित परीक्षा केंद्रों पर 18 जनवरी (रविवार) एवं 21 जनवरी (बुधवार) को दो-दो पालियों में आयोजित की जाएगी। परीक्षा के सफल, निष्पक्ष और शांतिपूर्ण आयोजन के लिए जिला प्रशासन द्वारा सभी आवश्यक तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। केंद्रों पर सशस्त्र बल, महिला वीक्षक तैनात सभी परीक्षा केंद्रों पर विधि-व्यवस्था बनाए रखने के लिए पर्याप्त संख्या में सशस्त्र बलों की प्रतिनियुक्ति की गई है। महिला अभ्यर्थियों की जांच के लिए महिला वीक्षकों की तैनाती का भी निर्देश दिया गया है। परीक्षार्थियों के प्रवेश के दौरान मुख्य द्वार पर सघन जांच (फ्रिस्किंग) के लिए पदाधिकारी एवं पर्यवेक्षीय कर्मियों की प्रतिनियुक्ति की गई है। पुरुष और महिला सभी अभ्यर्थियों की अनिवार्य रूप से बॉडी फ्रिस्किंग की जाएगी। इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस पर पूर्ण प्रतिबंध जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया कि किसी भी परीक्षार्थी को परीक्षा केंद्र के अंदर कलम, मोबाइल फोन, घड़ी या किसी भी प्रकार के इलेक्ट्रॉनिक उपकरण ले जाने की अनुमति नहीं होगी। साथ ही किसी भी परीक्षा केंद्र पर प्रतिनियुक्त किसी भी कर्मी को भी अपने पास मोबाइल या अन्य इलेक्ट्रॉनिक उपकरण रखने की अनुमति नहीं दी जाएगी। रिपोर्टिंग टाइम और प्रवेश समय तय प्रथम पाली के लिए अभ्यर्थियों का रिपोर्टिंग टाइम सुबह 8:30 बजे निर्धारित किया गया है, जबकि 9:30 बजे के बाद किसी भी परीक्षार्थी को प्रवेश नहीं मिलेगा। वहीं द्वितीय पाली के लिए रिपोर्टिंग टाइम दोपहर 1:00 बजे तय किया गया है और 2:00 बजे अपराह्न के बाद प्रवेश वर्जित रहेगा। बायोमेट्रिक सत्यापन, जैमर और निषेधाज्ञा परीक्षार्थियों को परीक्षा केंद्र में प्रवेश के बाद आवंटित रोल नंबर के अनुसार बैठाया जाएगा। इस दौरान सभी अभ्यर्थियों का बायोमेट्रिक सत्यापन एवं फोटोग्राफी कराई जाएगी। सभी परीक्षा केंद्रों पर अनिवार्य रूप से जैमर लगाए जाएंगे। साथ ही परीक्षा केंद्रों के 500 गज की परिधि में दंड प्रक्रिया संहिता की धारा-144 के तहत संपूर्ण परीक्षा अवधि के दौरान निषेधाज्ञा लागू रहेगी। अभ्यर्थियों से समय पर पहुंचने की अपील जिलाधिकारी ने सभी परीक्षार्थियों से अपील की है कि वे समय से पूर्व परीक्षा केंद्र पहुंचें, प्रशासन द्वारा निर्धारित नियमों का पालन करें और शांतिपूर्ण वातावरण में परीक्षा में शामिल हों।
बक्सर के ऐतिहासिक किला मैदान में आयोजित 20वीं फैज मेमोरियल क्रिकेट प्रतियोगिता के क्वार्टर फाइनल मुकाबले में फैज एकादश बक्सर ने गया जी की टीम को 6 विकेट से हराकर सेमीफाइनल में प्रवेश कर लिया है। अब सेमीफाइनल में उसका मुकाबला मुजफ्फरपुर से होगा। मैच का शुभारंभ बक्सर सदर के पूर्व विधायक संजय कुमार तिवारी ने खिलाड़ियों से परिचय प्राप्त कर किया। इस अवसर पर राष्ट्रगान और पिंटू सिंघानिया की आतिशबाजी ने माहौल को रोमांचक बना दिया। चेयरमैन प्रतिनिधि नेमतुल्ला फरीदी, संजय राय, डॉ. श्रवण तिवारी, ओमजी यादव, डॉ. एस.एन. उपाध्याय, डॉ. तनवीर फरीदी और डॉ. सुहैल अहमद मौजूद रहे। गया जी की टीम निर्धारित 21 ओवर में 117 रन बनाए टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करते हुए गया जी की टीम निर्धारित 21 ओवर में मात्र 117 रन ही बना सकी। टीम के कप्तान गौतम यादव ने सर्वाधिक 48 रन बनाए, जबकि रोहित ने 23 रन और प्रभाकर ने 11 रन का योगदान दिया। अन्य कोई भी बल्लेबाज दहाई का आंकड़ा पार नहीं कर सका। 118 रन के लक्ष्य 13.4 ओवर में 4 विकेट खोकर हासिल किया 118 रन के आसान लक्ष्य का पीछा करने उतरी फैज एकादश बक्सर की टीम ने आक्रामक बल्लेबाजी करते हुए 13.4 ओवर में 4 विकेट खोकर लक्ष्य हासिल कर लिया। अंकित राज ने बेहतरीन प्रदर्शन करते हुए 6 चौकों और 2 छक्कों की मदद से नाबाद 54 रन बनाए। कुंदन वर्मा ने नाबाद 24 रन, हृदय ने 17 रन और अर्णव किशोर ने 20 रनों का अहम योगदान दिया। शानदार प्रदर्शन के लिए अंकित राज को 'मैन ऑफ द मैच' चुना गया शानदार प्रदर्शन के लिए फैज एकादश बक्सर के अंकित राज को 'मैन ऑफ द मैच' चुना गया। उन्हें यह पुरस्कार वार्ड संख्या-2 के पार्षद अजय चौधरी ने प्रदान किया। बक्सर स्पोर्ट्स के प्रोप्राइटर रोहित सिंह द्वारा स्पोर्ट्स जूते समेत अन्य आकर्षक पुरस्कार भी दिए गए। खिलाड़ियों को प्रोत्साहित करने के लिए खेल प्रेमियों और अतिथियों द्वारा नगद पुरस्कार भी प्रदान किए गए।मैच में अंपायर की भूमिका राजेश कुमार यादव और संजीव तिवारी ने निभाई। कमेंट्री विक्की जायसवाल और अनुराग श्रीवास्तव ने की। ऑनलाइन स्कोरिंग अमन फरीदी, ऑफलाइन स्कोरिंग नारायण और रणधीर सिंह, जबकि प्रसारण सुशांत ब्लास्टर की टीम द्वारा किया गया।मैच के दौरान हजारों की संख्या में क्रिकेट प्रेमी मौजूद रहे। अब प्रतियोगिता का दूसरा सेमीफाइनल मुकाबला मुजफ्फरपुर और फैज एकादश बक्सर के बीच खेला जाएगा, जिसको लेकर दर्शकों में जबरदस्त उत्साह है।
आंती में शराब पीकर हंगामा कर रहा युवक गिरफ्तार:पुलिस ने काजीबिगहा गांव से पकड़ा, कोर्ट में पेश किया
गया के आंती थाना क्षेत्र में पुलिस ने शराब पीकर हंगामा कर रहे एक युवक को गिरफ्तार किया है। आरोपी को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है। यह कार्रवाई बिहार में पूर्ण शराबबंदी कानून को प्रभावी ढंग से लागू करने के पुलिस के अभियान का हिस्सा है। पुलिस को सूचना मिली थी कि आंती थाना क्षेत्र के काजीबिगहा गांव में एक व्यक्ति सार्वजनिक स्थान पर शराब के नशे में हंगामा कर रहा है। सूचना मिलते ही थाना प्रभारी सुदेह कुमार ने पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचकर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। थाना प्रभारी सुदेह कुमार के अनुसार, गिरफ्तार अभियुक्त की पहचान सुभाष कुमार (29 वर्ष) के रूप में हुई है। वह सुरेश पासवान का पुत्र और काजीबिगहा गांव, आंती थाना क्षेत्र का निवासी है। इस मामले में आंती थाना में कांड संख्या 04/2026, दिनांक 14/01/2026 दर्ज किया गया है। आरोपी के विरुद्ध बिहार मद्यनिषेध एवं उत्पाद अधिनियम 2016 के तहत मामला दर्ज किया गया है। गिरफ्तारी के बाद, आवश्यक कागजी कार्रवाई पूरी कर पुलिस ने आरोपी को माननीय न्यायालय में पेश किया, जहाँ से उसे जेल भेज दिया गया। पुलिस ने यह भी बताया कि क्षेत्र में शांति व्यवस्था बनाए रखने और शराबबंदी कानून का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।
गोपालगंज के कुचायकोट थाना क्षेत्र के खजुरी गांव में छेड़खानी का विरोध करने पर हुई मारपीट की घटना में गंभीर रूप से घायल बीए की छात्रा की इलाज के दौरान मौत हो गई। युवती की मौत की खबर मिलते ही परिजन और स्थानीय लोग आक्रोशित हो गए और शव को कुचायकोट थाना के मुख्य गेट पर रखकर जमकर विरोध प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने आरोपियों की गिरफ्तारी और सख्त कार्रवाई की मांग की। 1 जनवरी को हुई थी घटना मृतका की पहचान खजुरी गांव निवासी शत्रुघ्न प्रसाद की 18 साल बेटी रागिनी कुमारी के रूप में हुई है। परिजनों के अनुसार, 1 जनवरी को रागिनी खेत में साग तोड़ने गई थी। इसी दौरान गांव के ही युवक राजकुमार ने उसके साथ छेड़खानी की। जब रागिनी ने इसका विरोध किया तो आरोपी ने अभद्रता की। शिकायत पर भड़की मारपीट घटना की जानकारी मिलने के बाद रागिनी ने अपने परिजनों को बताया। इसके बाद परिजन आरोपी के घर शिकायत करने पहुंचे, जहां आरोपी राजकुमार और उसके परिजनों ने उनके साथ मारपीट शुरू कर दी। देखते ही देखते दोनों पक्षों के बीच जमकर मारपीट हो गई। इस दौरान रागिनी, उसकी मां, भाई और पिता गंभीर रूप से घायल हो गए। रागिनी और मां की हालत थी नाजुक मारपीट में रागिनी और उसकी मां को गंभीर चोटें आई थीं। रागिनी की हालत लगातार नाजुक बनी हुई थी और इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। वहीं उसकी मां का इलाज गोरखपुर में चल रहा है, जहां उसकी स्थिति चिंताजनक बताई जा रही है। परिजनों ने बताया कि रागिनी बीए की छात्रा थी। थाने पर प्रदर्शन, सड़क पर लगा जाम रागिनी की मौत के बाद गुस्साए परिजनों और ग्रामीणों ने उसका शव कुचायकोट थाना के मुख्य गेट पर रखकर प्रदर्शन किया। इस दौरान कुछ समय के लिए अफरा-तफरी का माहौल रहा। परिजनों का आरोप है कि अगर समय रहते आरोपियों पर सख्त कार्रवाई होती तो रागिनी की जान बच सकती थी। पुलिस बोली- जांच जारी, पोस्टमॉर्टम के लिए भेजा शव पुलिस ने प्रदर्शन कर रहे लोगों को समझा-बुझाकर शांत कराया। कुचायकोट थाना पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम के लिए सदर अस्पताल (मॉडल अस्पताल) भेज दिया है। पुलिस के अनुसार, घटना को लेकर दोनों पक्षों से मिले आवेदन के आधार पर पहले ही दोनों पक्षों से एक-एक व्यक्ति को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेजा गया था। अब छात्रा की मौत के बाद मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है और आगे की कार्रवाई की जाएगी।
मेरठ में हत्या-अपहरण के आरोप में जेल की सलाखों के पीछे बंद पारस सोम ने रूबी से प्रेम प्रसंग की बातों को स्वीकार किया है। गुरुवार को पारस के परिवार की तरफ से याचिका दायर करने वाले अधिवक्ताओं ने पारस से मुलाकात की तो उसका पहला सवाल था- रूबी कैसी है? बाद में उसने परिवार के बारे में पूछा। उसे बताया गया कि केस ट्रांसफर के लिए याचिका डाली गई है। पारस बोला- रूबी कैसी है, कहां है पारस चुपचाप उनकी बात सुन रहा था। उसने कहा कि वह अखबार में पढ़ चुका है कि याचिका डाली गई है। कुछ पल वह चुप रहा, फिर अचानक बोला- रूबी कैसी है? जवाब मिलने के बाद उसने अपने परिवार और गांव के बारे में भी पूछा। इसके बाद अधिवक्ताओं ने उससे पूरा घटनाक्रम जाना। पारस ने स्वीकार किया कि उसका रूबी संग प्रेम प्रसंग चल रहा है। वह दोनों शादी करना चाहते थे लेकिन रूबी के परिवार ने पहले ही उसकी शादी तय कर दी। 22 जनवरी को याचिका पर सुनवाई याचिका दायर होने के बाद गुरुवार को पहली बार पारस सोम से अधिवक्ता संजीव राणा व बलराम सोम ने मुलाकात की। इस दौरान पारस के एक रिश्तेदार भी साथ रहे। करीब एक घंटे तक तीनों पारस के साथ रहे। दोनों अधिवक्ताओं ने पारस को बताया कि वह नाबालिग है। कानून के लिहाज से उसका केस जेजे बोर्ड में चलना चाहिए। इसीलिए याचिका डाली है। 22 जनवरी को सुनवाई होगी। अब पूरी घटना को जानिए... 8 जनवरी की सुबह मेरठ के सरधना थाना क्षेत्रांतर्गत स्थित ग्राम कपसाड़ निवासी पारस सोम खेत पर अनुसूचित जाति की महिला सुनीता के साथ काम कर रही उसी बेटी रूबी को अगवा कर ले गया। विरोध पर उसने सुनीता पर बलकटी से वार कर उसे गंभीर रूप से घायल कर दिया। बाद में सुनीता की अस्पताल में मौत हो गई। सुनीता की मौत से गांव में तनाव सुनीता की मौत से गांव में तनाव फैल गया। पुलिस की 10 टीमें दोनों को तलाशने में जुट गईं। दो दिन तक दोनों को पुलिस तलाशती रही। 10 जनवरी की रात पुलिस को दोनों की सहारनपुर में मौजूद होने की सूचना मिली, जिसके बाद पुलिस ने पारस सोम को गिरफ्तार करते हुए रूबी को सकुशल बरामद कर लिया। पारस को जेल, रुबी को आशा ज्योति केंद्र भेजा 11 जनवरी को पुलिस ने पारस को कड़ी सुरक्षा के बीच कोर्ट में पेश किया, जहां से उसे 14 दिन की न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया। रूबी के बयान दर्ज होने के बाद उसे आशा ज्योति केंद्र भेजा गया। 12 जनवरी को आशा ज्योति केंद्र में काउंसलिंग के बाद रूबी परिजनों की सुपुर्दगी में घर भेज दी गई। 11 से जेल में बंद है पारस सोम अपहरण व हत्या के आरोप में पारस सोम 11 जनवरी से जेल की सलाखों के पीछे बंद है। उसे 19 नंबर बैरक जोकि मुलाहिजा बैरक है, उसमें रखा गया। रूबी के घर पहुंचने के बाद से गांव में सुरक्षा बढ़ाई गई है। किसी भी बाहरी व्यक्ति को गांव में प्रवेश नहीं दिया जा रहा है। केवल कपसाड़ के लोगों को ही आधार कार्ड देखकर प्रवेश दिया जा रहा है। मीडिया की भी एंट्री बंद कर दी गई है। उम्र को लेकर याचिका हुई दायर पारस की उम्र को लेकर शुरु से ही सवाल उठाए जा रहे हैं। उसको नाबालिग बताया जा रहा था लेकिन साक्ष्य ना होने के कारण कोर्ट ने उसे 14 दिन की न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया। अब परिजनों ने उम्र से जुड़े साक्ष्य जुटाकर न्यायालय में याचिका दायर की है। तीन अधिवक्ताओं बलराम सोम, संजीव राणा और विजय शर्मा के पैनल ने वकालतनामा दाखिल किया है। न्यायालय ने 22 जनवरी की तिथि याचिका पर सुनवाई के लिए तय की है।
सरपंच के साथ दिनदहाड़े लूट और मारपीट:कार रोककर जातिसूचक गालियां दीं, सोने की चेन छीनी
शिवपुरी जिले के करैरा थाना क्षेत्र में सिलरा पंचायत के सरपंच के साथ दिनदहाड़े लूट और मारपीट की घटना सामने आई है। आरोपियों ने उनकी कार रोककर हमला किया, जातिसूचक गालियां दीं और सोने की चेन छीन ली। पीड़ित की शिकायत पर करैरा थाना पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। फरियादी संतोष जाटव (32), निवासी बरसौडी, वर्तमान निवासी कामंक्षा देवी मंदिर के पास करैरा, जो ग्राम पंचायत सिलरा के सरपंच हैं, ने थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई। उन्होंने बताया कि 15 जनवरी 2026 को करीब 11 बजे वे करैरा बाजार से अपनी कार से घर लौट रहे थे। इसी दौरान कामंक्षा देवी मंदिर के पास मंगल यादव निवासी मोटा, अपनी सफेद रंग की स्विफ्ट कार में तीन अन्य लोगों के साथ आया। उन्होंने सरपंच की कार के आगे गाड़ी लगाकर रास्ता रोक लिया। आरोप है कि चारों आरोपियों ने गाड़ी से उतरते ही संतोष जाटव को जातिसूचक गालियां दीं और चमड़ा वाला कहकर कार से जबरन नीचे खींच लिया। एक आरोपी ने कट्टे जैसी वस्तु से सरपंच के सिर के दाहिने हिस्से पर वार किया, जिससे उन्हें चोट आई। इसके बाद चारों आरोपियों ने मिलकर उनसे मारपीट की और जान से मारने की धमकी भी दी। आरोपियों के भागते समय मंगल यादव ने सरपंच के गले से करीब दो तौला वजनी सोने की चेन झपट्टा मारकर लूट ली। घटना के समय बाबूलाल जाटव निवासी निचन टोला सिलरा सहित अन्य लोग मौके पर मौजूद थे, जिन्होंने पूरी वारदात देखी। पीड़ित सरपंच की शिकायत पर करैरा थाना पुलिस ने लूट, मारपीट, धमकी और जातिसूचक अपमान से संबंधित धाराओं में प्रकरण दर्ज कर लिया है। पुलिस आरोपियों की तलाश में जुटी है और उनकी जल्द गिरफ्तारी का दावा कर रही है।
मेरठ के सरधना थानाक्षेत्र के ज्वालागढ़ गांव में मृतक सोनू कश्यप के रिश्तेदारों सहित राजनीतिक दलों के लगभग 60 लोगों पर मुकदमा हुआ है। इन लोगों पर निषेधाज्ञा का उल्लंघन करने, भीड़ जमा करने और हंगामा आदि करने का आरोप है। बता दें कि सरधना के कपसाड़, ज्वालागढ़ में निषेधाज्ञा लागू है। इस दौरान माहौल बिगाड़ने वालों पर पुलिस एक्शन ले रही है।ज्वालागढ़ में सोनू की मौत होने के बाद एकत्र हुए लोगों ने हंगामा किया था। साथ ही पुलिस के साथ धक्कामुक्की भी की थी। इसी के चलते इन लोगों पर पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज की है। भाषणबाजी, शोरशराबा कर रहे थे मेरठ के सरधना थाने में दर्ज मुकदमे के अनुसार उप निरीक्षक नितिन सारस्वत की तरफ से मुकदमा लिखाया गया है। बताया कि बीते मंगलवार को सूचना मिली थी कि ज्वालागढ़ गांव में मदनमती पत्नी सोमपाल सिंह के घर पर बड़ी संख्या में लोग एकत्र हैं। जब पुलिस मौके पर पहुंची तो रिश्तेदार इंद्रपाल पुत्र जगमत, उसके बेटे अंकित और गुड्डू सहित करीब 50 से 60 अज्ञात लोग मदनमती के घर पर एकत्र होकर भाषणबाजी और शोर-शराबा कर रहे थे।मुजफ्फरनगर का रहने वाला था सोनू पुलिस का कहना है कि मृतक सोनू उर्फ रोहित कश्यप जिला मुजफ्फरनगर के मोहल्ला किला हनुमान चौक का निवासी था। वहीं आरोपी इंद्रपाल के ग्राम प्रधान का चुनाव लड़ने की तैयारी में होने की बात भी सामने आई है। पुलिस के अनुसार, जिले में निषेधाज्ञा लागू होने के बावजूद भीड़ एकत्र होने पर उन्हें समझाने का प्रयास किया गया, लेकिन लोगों ने पुलिस की बात नहीं मानी। स्थिति बिगड़ने पर अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया। आरोप है कि इस दौरान कुछ लोगों ने पुलिस से धक्का-मुक्की की और अभद्रता की, जिससे मौके पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया।
पीथमपुर के इंडस टाउन हाट मैदान में आयोजित चार दिवसीय प्लास्टिक बॉल क्रिकेट प्रतियोगिता का गुरुवार रात समापन हो गया। रात्रिकालीन टूर्नामेंट के फाइनल मुकाबले में इंदौर की चंदन नगर 11 टीम ने शानदार प्रदर्शन करते हुए जयनगर 11, पीथमपुर को हराकर खिताब अपने नाम किया। फाइनल में 130 रन का लक्ष्य दिया फाइनल मैच में चंदन नगर 11 ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 7 ओवर में 130 रन बनाए। बड़े लक्ष्य का पीछा करते हुए जयनगर 11 निर्धारित ओवरों में लक्ष्य हासिल नहीं कर सकी। इसी के साथ चंदन नगर 11 ने ट्रॉफी जीत ली। 32 टीमों की भागीदारी, चार दिन चला टूर्नामेंट यह प्रतियोगिता रॉयल क्रिकेट क्लब के तत्वावधान में आयोजित की गई थी। टूर्नामेंट की शुरुआत 10 जनवरी 2026 को हुई और 15 जनवरी 2026 को फाइनल मुकाबला खेला गया। प्रतियोगिता में अलग-अलग शहरों से कुल 32 टीमों ने हिस्सा लिया। क्लब बीते तीन वर्षों से इस टूर्नामेंट का आयोजन कर रहा है। तौफीक बने मैन ऑफ द मैच और मैन ऑफ द सीरीज चंदन नगर 11 के खिलाड़ी तौफीक ने पूरे टूर्नामेंट में शानदार प्रदर्शन किया। उन्हें फाइनल मैच का मैन ऑफ द मैच और पूरे टूर्नामेंट का मैन ऑफ द सीरीज चुना गया। विजेता को 21 हजार का नकद पुरस्कार प्रतियोगिता में विजेता टीम को 21 हजार रुपए नकद का पुरस्कार दिया गया, जबकि उपविजेता टीम को 11 हजार रुपये नकद प्रदान किए गए। इसके अलावा खिलाड़ियों को ट्रॉफी और मेडल भी दिए गए। आयोजक राजेंद्र वर्मा, दिलीप नरवरिया और आकाश बंसल ने बताया कि प्रतियोगिता को लेकर खिलाड़ियों और दर्शकों में खासा उत्साह देखने को मिला।
फाजिल्का में घर से लाखों की चोरी:परिवार सो रहा था, चोर 5 लाख नकद, सोना-चांदी के जेवर और मोबाइल ले गए
शहर की शहीद भगत सिंह कॉलोनी (डीएवी कॉलेज रोड) में बीती रात चोरों ने एक घर को निशाना बनाकर लाखों की नकदी और जेवरात पर हाथ साफ कर दिया। हैरान करने वाली बात यह है कि जब चोर इस वारदात को अंजाम दे रहे थे, तब पूरा परिवार घर के अंदर ही सो रहा था। पीड़ित महिला शालू रानी ने रोते हुए बताया कि चोरों ने उनका सबकुछ लूट लिया है। परिवार के मुताबिक, उन्होंने हाल ही में अपने मकान की रजिस्ट्री 4 लाख रुपए में गिरवी रखकर और कुछ अन्य पैसा ब्याज पर उठाया था। चोरों ने अलमारी में रखे करीब 5 लाख रुपए नकद, 4-5 तोले सोना, 4 तोले चांदी और दो मोबाइल फोन चोरी कर लिए। छत के रास्ते घर में घुसे चोर शालू रानी के अनुसार, चोर छत के रास्ते घर में दाखिल हुए। आरोपियों ने छत वाले गेट का लॉक (ताला) तोड़ा और कमरों में घुसकर बड़ी सफाई से चोरी की वारदात को अंजाम दिया। परिवार को घटना का पता तब चला जब सुबह उनकी आंख खुली और घर का सामान बिखरा पाया। पुलिस ने शुरू की सीसीटीवी की जांच घटना की सूचना मिलते ही सिटी थाना जलालाबाद के एसएचओ अंग्रेज कुमार पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे। उन्होंने घटनास्थल का निरीक्षण किया और पीड़ित परिवार के बयान दर्ज किए। चोरी का विवरण एक नज़र में:
दहेज उत्पीड़न से परेशान विवाहिता फंदे से झूली:शादी के 18 महीने बाद की आत्महत्या, चार आरोपी गिरफ्तार
श्रावस्ती के इकौना थाना क्षेत्र में दहेज उत्पीड़न का एक मामला सामने आया है। विवाह के महज 18 माह के भीतर ससुराल पक्ष की प्रताड़ना से परेशान एक नवविवाहिता ने बीते मंगलवार को फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली थी। पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए त्वरित कार्रवाई करते हुए चार नामजद आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायालय भेज दिया है। ग्राम लाल बनकटी निवासी 24 वर्षीय आसमां का विवाह लगभग डेढ़ वर्ष पूर्व गांव के ही 25 वर्षीय गुलजार से हुआ था। आरोप है विवाह के बाद से ही ससुराल पक्ष द्वारा दहेज की मांग को लेकर मृतका को लगातार मानसिक और शारीरिक रूप से प्रताड़ित किया जा रहा था। मृतका का पति गुलजार आसमां को मारपीट कर करीब एक माह पूर्व मुंबई चला गया था। इसी दौरान ससुराल में चल रहे विवाद और दहेज उत्पीड़न से परेशान होकर आसमां ने अपने कमरे में छत से दुपट्टे के सहारे फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। आसमां की अभी कोई संतान भी नहीं थी। इस संबंध में 14 जनवरी 2026 को मृतका के परिजनों ने थाना इकौना में प्रार्थना पत्र दिया। इसमें आरोप लगाया गया कि अभियुक्त गुलजार (पति), रसीद (ससुर), रसीद की पत्नी (सास), असलम की पत्नी (ननद) और रसीद की पुत्री (ननद) द्वारा विवाहोपरांत लगातार दहेज की मांग की जाती थी। मांग पूरी न होने पर मृतका के साथ गाली-गलौज, मारपीट, जान से मारने की धमकी दी जाती थी तथा कई बार उसे घर से निकाल दिया गया। परिजनों ने दहेज के कारण साजिशपूर्वक प्रताड़ना से मृत्यु होने का भी आरोप लगाया था। प्रार्थना पत्र के आधार पर थाना इकौना पुलिस द्वारा दहेज प्रतिषेध अधिनियम के अंतर्गत मुकदमा पंजीकृत किया गया। पुलिस टीम ने अभियोग पंजीकरण के 24 घंटे के भीतर नामजद चार अभियुक्तों रसीद पुत्र हफीजुल्ला उर्फ कोयले, रसीद की पत्नी, असलम की पत्नी एवं रसीद की पुत्री को गोविन्दपुर नहर पुलिया से सीताद्वार जाने वाले नहर मार्ग से गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने सभी आरोपियों के विरुद्ध नियमानुसार विधिक कार्रवाई करते हुए उन्हें न्यायालय भेज दिया है। मामले की जांच जारी है।
जिले में चल रही कड़ाके की ठंड और शीतलहर के बीच लंबे अवकाश के बाद माध्यमिक विद्यालय सोमवार से फिर से खुल गए। हालांकि छात्रों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए स्कूलों के समय में बदलाव किया गया है। अब सभी बोर्डों से सम्बद्ध राजकीय, सहायता प्राप्त एवं वित्त पोषित माध्यमिक विद्यालय सुबह 10:00 बजे से दोपहर 3:00 बजे तक ही संचालित होंगे। जिला विद्यालय निरीक्षक की ओर से जारी आदेश में स्पष्ट किया गया है कि शिक्षा निदेशालय से प्राप्त निर्देशों के अनुसार बदले गए समय का कड़ाई से पालन कराया जाए। शासन ने यह कदम ठंड के बढ़ते प्रभाव और स्वास्थ्य संबंधी जोखिमों को देखते हुए उठाया है, ताकि विद्यार्थी बिना किसी परेशानी के विद्यालय पहुँच सकें।अधिकारी भी मानते हैं कि अभी कुछ दिनों तक तापमान में गिरावट बनी रहने की संभावना है, ऐसे में समय परिवर्तन से बच्चों को राहत मिलेगी।
मधुबनी में भूकंप सुरक्षा पखवाड़ा शुरू:डीएम ने जागरूकता वाहन को किया रवाना, 28 जनवरी तक चलेगा अभियान
मधुबनी में भूकंप सुरक्षा पखवाड़ा 15 से 28 जनवरी तक मनाया जा रहा है। इसी क्रम में जिलाधिकारी आनंद शर्मा ने गुरुवार को पंडौल स्थित खेल मैदान से भूकंप जागरूकता प्रचारवाहन को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। मधुबनी जिला भूकंप की दृष्टि से जोन 6 के अंतर्गत आता है, जो इसे भूकंप के प्रति अत्यंत संवेदनशील जिलों की श्रेणी में रखता है। भूकंप एक प्राकृतिक आपदा है, जिससे व्यापक स्तर पर संरचनात्मक, पर्यावरणीय और जानमाल की क्षति होती है। एलईडी युक्त जागरूकता वाहन सभी अंचलों में जाएगा यह एलईडी युक्त जागरूकता वाहन सभी अंचलों में जाएगा। इसका उद्देश्य भूकंप के झटके महसूस होने पर 'क्या करें' और 'क्या न करें' जैसी महत्वपूर्ण जानकारियों को वीडियो प्रदर्शन के माध्यम से लोगों तक पहुंचाना है। जिलाधिकारी ने भूकंप सुरक्षा पखवाड़े के दौरान विविध जागरूकता और प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित करने के निर्देश भी दिए हैं। भूकंप से निपटने के प्रमुख उपायों में भूकंप रोधी भवन निर्माण, त्वरित प्रतिक्रिया और आपदा के दौरान की जाने वाली कार्रवाई के प्रति प्रशिक्षित होना शामिल है। इस पखवाड़े के तहत,एसडीआरएफ और आपदा मित्र की टीमें विद्यालयों के छात्र-छात्राओं और प्रमुख सार्वजनिक स्थानों पर भूकंप सुरक्षा हेतु कई जागरूकता कार्यक्रम आयोजित करेंगी। इसके अतिरिक्त, पदाधिकारियों, जनप्रतिनिधियों, अभियंताओं, शिक्षकों, भवन निर्माण सामग्री विक्रेताओं, राजमिस्त्रियों और युवा स्वयंसेवकों सहित अन्य हितधारकों के लिए प्रशिक्षण कार्यक्रम और मॉकड्रिल भी आयोजित किए जाएंगे। शिक्षा विभाग द्वारा जिले के विद्यार्थियों को भूकंप सुरक्षा के प्रति जागरूक करने के लिए विभिन्न प्रतियोगिताओं का आयोजन किया जाएगा। आमजन को संवेदनशील और सजग बनाने के लिए शिक्षकों, जीविका दीदियों और आंगनबाड़ी सेविका-सहायिकाओं के माध्यम से भूकंप सुरक्षा संबंधी पंपलेट वितरित किए जाएंगे। जिले के प्रमुख सार्वजनिक स्थानों पर होर्डिंग्स और फ्लेक्स के माध्यम से भी व्यापक प्रचार-प्रसार किया जाएगा। जिला जनसंपर्क कार्यालय सोशल मीडिया के जरिए भी भूकंप से बचाव को लेकर प्रचार कर रहा है, साथ ही नुक्कड़ नाटक जैसे माध्यमों से भी जागरूकता फैलाई जाएगी।
बक्सर में दारोगा परीक्षा को लेकर प्रशासन अलर्ट:18 और 21 जनवरी को दो पालियों में होगी लिखित परीक्षा
बिहार पुलिस अवर सेवा आयोग (BPSSC) के विज्ञापन संख्या-05/2025 के तहत पुलिस अवर निरीक्षक (दरोगा) पद पर चयन के लिए आयोजित होने वाली लिखित परीक्षा को लेकर बक्सर जिला प्रशासन पूरी तरह सतर्क है। परीक्षा के सफल, स्वच्छ और कदाचार-मुक्त आयोजन को लेकर बुधवार को समाहरणालय सभाकक्ष में जिला दंडाधिकारी साहिला और पुलिस अधीक्षक शुभम आर्य ने संयुक्त रूप से ब्रीफिंग कर आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए। 1799 पदों के लिए 18-21 जनवरी को परीक्षा प्रशासन की ओर से बताया गया कि दरोगा के कुल 1799 रिक्त पदों पर चयन के लिए लिखित परीक्षा 18 जनवरी (रविवार) और 21 जनवरी (बुधवार) को आयोजित की जाएगी। परीक्षा दोनों दिनों में दो-दो पालियों में होगी। प्रथम पाली की परीक्षा सुबह 10 बजे से दोपहर 12 बजे तक और द्वितीय पाली की परीक्षा दोपहर 2:30 बजे से शाम 4:30 बजे तक चलेगी। दोनों पालियों में अलग-अलग अभ्यर्थी शामिल होंगे और प्रश्न पत्र भी अलग होंगे। 100 अंकों की वस्तुनिष्ठ परीक्षा लिखित परीक्षा सामान्य अध्ययन एवं समसामयिक विषयों पर आधारित होगी। प्रश्न पत्र में कुल 100 वस्तुनिष्ठ प्रश्न पूछे जाएंगे। प्रशासन ने स्पष्ट किया कि परीक्षा पूरी तरह पारदर्शी और आयोग के दिशा-निर्देशों के अनुरूप कराई जाएगी। समय से पहले पहुंचे अभ्यर्थी प्रशासन के अनुसार, प्रथम पाली के अभ्यर्थियों को सुबह 8:30 बजे से और द्वितीय पाली के अभ्यर्थियों को दोपहर 1:00 बजे से सघन जांच के बाद परीक्षा केंद्र में प्रवेश दिया जाएगा। परीक्षा शुरू होने के 30 मिनट पहले, यानी प्रथम पाली में 9:30 बजे और द्वितीय पाली में 2:00 बजे के बाद किसी भी अभ्यर्थी को प्रवेश की अनुमति नहीं दी जाएगी। ई-एडमिट कार्ड और फोटो पहचान अनिवार्य अभ्यर्थियों को ई-प्रवेश पत्र (ई-एडमिट कार्ड) और वैध फोटो पहचान पत्र के बिना परीक्षा केंद्र में प्रवेश नहीं मिलेगा। मोबाइल फोन, स्मार्ट वॉच, कैलकुलेटर, ब्लूटूथ, वाई-फाई डिवाइस, इलेक्ट्रॉनिक पेन समेत किसी भी प्रकार के इलेक्ट्रॉनिक उपकरण परीक्षा केंद्र में पूरी तरह प्रतिबंधित रहेंगे। नियमों के उल्लंघन पर अभ्यर्थी को परीक्षा से वंचित कर कानूनी कार्रवाई की जाएगी। केंद्रों पर कड़ी निगरानी, 200 मीटर में निषेधाज्ञा परीक्षा केंद्रों पर स्टेटिक मजिस्ट्रेट, पर्याप्त पुलिस बल, उड़न दस्ता और सीसीटीवी कैमरों के माध्यम से कड़ी निगरानी रखी जाएगी। परीक्षा केंद्रों के 200 मीटर की परिधि में निषेधाज्ञा लागू रहेगी और फोटोस्टेट की दुकानें बंद रहेंगी। स्टेशन और बस अड्डे पर हेल्प डेस्क अभ्यर्थियों की सुविधा को देखते हुए रेलवे स्टेशन और बस अड्डे पर हेल्प डेस्क की व्यवस्था की गई है, ताकि बाहर से आने वाले परीक्षार्थियों को किसी प्रकार की परेशानी न हो। प्रशासन की अपील जिला प्रशासन ने अभ्यर्थियों से अपील की है कि वे परीक्षा केंद्र समय से पहले पहुंचें, सभी दिशा-निर्देशों का पालन करें और शांतिपूर्ण एवं अनुशासित ढंग से परीक्षा में शामिल हों।
नागौर जिला पुलिस ने अवैध मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया है। SP मृदुल कच्छावा के निर्देशन में जिले में पहली बार NDPS एक्ट की धारा 68F के तहत बड़ी कार्रवाई करते हुए सदर थाने के हिस्ट्रीशीटर गणेशराम की करीब 25 लाख रुपए की अवैध संपत्ति को सीज कर दिया गया है। पुलिस जांच में खुलासा हुआ है कि आरोपी गणेशराम (पुत्र भुराराम जाट) ने सींगड गांव की रोही स्थित खसरा नंबर 1893/175 में अपने पिता के खेत पर एक आलीशान मकान का निर्माण करवाया था। जांच में यह स्पष्ट हुआ कि इस आलीशान निर्माण में लगा एक-एक पैसा मादक पदार्थों की तस्करी की काली कमाई से जुटाया गया था। दिल्ली से मिली हरी झंडी, अब नहीं बचेंगे तस्कर सदर थानाधिकारी सुरेश कस्वां ने 18 दिसंबर 2025 को ऑपरेशन नीलकंठ के तहत इस मकान को फ्रीज करने की कार्रवाई की थी। इसके बाद जब्ती की विस्तृत रिपोर्ट सक्षम प्राधिकारी (Competent Authority), दिल्ली को भेजी गई। दिल्ली में चली लंबी सुनवाई और पुलिस द्वारा पेश किए गए ठोस सबूतों के आधार पर प्राधिकारी ने संपत्ति सीजिंग के आदेश पर अंतिम मुहर लगा दी है। हिस्ट्रीशीटर पर दर्ज हैं 10 गंभीर मामले आरोपी गणेशराम पुलिस की सूची में एक शातिर अपराधी है। उसके खिलाफ हत्या के प्रयास, लूट और मादक पदार्थों की तस्करी जैसे संगीन अपराधों के कुल 10 मामले विभिन्न थानों में दर्ज हैं। पुलिस की इस कार्रवाई से जिले के अन्य तस्करों में भी खलबली मच गई है।
चित्तौड़गढ़ शहर में 17 जनवरी से रतनबाग में सनातन गौरव समिति, चित्तौड़गढ़ के द्वारा सात दिवसीय श्रीमद्भागवत कथा का आयोजन करवाया जा रहा है। यह आयोजन केवल धार्मिक कार्यक्रम नहीं होगा, बल्कि पूरे शहर और आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों के लिए आस्था, भक्ति और उत्सव का केंद्र बनेगा। श्रीमद्भागवत कथा के माध्यम से श्रद्धालुओं को भगवान श्रीकृष्ण की लीलाओं, भक्ति मार्ग और जीवन के मूल संदेशों से जुड़ने का मौका मिलेगा। आयोजन को लेकर श्रद्धालुओं में खासा उत्साह देखा जा रहा है। 351 कलशों के साथ होगी शोभायात्रा इस सात दिवसीय श्रीमद्भागवत कथा का शुभारंभ 17 जनवरी को 351 कलशों के साथ निकलने वाली भव्य और ऐतिहासिक शोभायात्रा से होगा। शोभायात्रा प्रातः 9:30 बजे छबीला हनुमान जी मंदिर से शुरू होकर राणा सांगा बाजार और नई पुलिया होते हुए रतनबाग पहुंचेगी। इस शोभायात्रा में 151 से ज्यादा गांवों की प्रभात फेरियां शामिल होंगी। पारंपरिक वेशभूषा में सजी महिलाएं सिर पर कलश धारण कर भजन-कीर्तन करते हुए चलेंगी। ढोल-नगाड़ों, शंखनाद और मंगल वाद्यों की गूंज से पूरा मार्ग भक्तिमय माहौल में डूब जाएगा। झांकियां और स्वागत की भव्य तैयारी शोभायात्रा में हाथी, घोड़े, सुसज्जित बग्गियां, केसरिया ध्वज और आकर्षक धार्मिक झांकियां विशेष आकर्षण रहेंगी। भगवान महाकाल की भव्य झांकी श्रद्धालुओं के लिए आस्था का प्रमुख केंद्र होगी। शोभायात्रा मार्ग पर जगह-जगह तोरण द्वार बनाए जाएंगे और पुष्पवर्षा, आरती व स्वागत मंचों के माध्यम से श्रद्धालुओं का अभिनंदन किया जाएगा। सामाजिक संगठनों, व्यापारिक प्रतिष्ठानों और मोहल्ला समितियों द्वारा शोभायात्रा का भव्य स्वागत किया जाएगा। केसरिया पताकाओं, दीपों की श्रृंखला और पुष्प सजावट से पूरा शहर धर्ममय उत्सव में बदल जाएगा। श्रीमद्भागवत कथा और यज्ञ आयोजन 17 जनवरी से 23 जनवरी तक हर रोज दोपहर 12 बजे से सायं 3 बजे तक ध्यानयोगी श्री श्री 1008 परमपूज्य गुरुदेव अनंत विभूषित महामंडलेश्वर उत्तम स्वामीजी महाराज (उत्तम सेवा धाम, बांसवाड़ा) के मुखारविंद से श्रीमद्भागवत कथा का वाचन किया जाएगा। कथा से पूर्व प्रतिदिन एक कुंडीय यज्ञ का आयोजन होगा, जिसमें प्रतिदिन पांच जोड़े आहुतियां अर्पित करेंगे। इस धार्मिक आयोजन के माध्यम से श्रद्धालुओं को शांति, भक्ति और सकारात्मक ऊर्जा प्राप्त होगी। कथा स्थल की विशेष व्यवस्थाएं श्रीमद्भागवत कथा को लेकर रतनबाग स्थित कथा स्थल पर विशाल और आकर्षक पांडाल का निर्माण किया गया है। धार्मिक और सांस्कृतिक थीम पर सजे इस पांडाल में हजारों श्रद्धालुओं के एक साथ बैठने की व्यवस्था की गई है। भव्य मंच, सुंदर पुष्प सजावट, आकर्षक रोशनी, उत्तम ध्वनि व्यवस्था और विशाल एलईडी स्क्रीन लगाई गई हैं, ताकि हर श्रद्धालु आसानी से कथा सुन सके। कथा स्थल पर महापुरुषों के चित्र भी लगाए गए हैं।
अररिया के रानीगंज मार्ग पर जयप्रकाश नगर स्थित एसएसबी कैंप के निकट एक मुर्गा दुकान में गैस सिलेंडर में आग लग गई। इस घटना से इलाके में अफरा-तफरी मच गई, लेकिन दुकानदार, स्थानीय निवासियों और अग्निशमन दल की तत्परता से एक बड़ा हादसा टल गया। गनीमत रही कि इस आग में कोई हताहत नहीं हुआ और न ही कोई गंभीर रूप से चोटिल हुआ। दुकान मालिक रंजीत कुमार सिंह ने बताया कि वे दुकान में गैस चूल्हे पर मुर्गे को धोने के लिए पानी गर्म कर रहे थे। इसी दौरान अचानक गैस सिलेंडर में आग लग गई और लपटें तेजी से भड़क उठीं। रंजीत ने तुरंत सिलेंडर को बाहर निकालने का प्रयास किया और आग बुझाने में जुट गए, लेकिन वे आग पर काबू नहीं पा सके। उन्होंने तत्काल आसपास के लोगों को सूचना दी और अग्निशमन विभाग को फोन किया। सूचना मिलते ही अग्निशमन की टीम मौके पर पहुंची। टीम ने स्थानीय लोगों की मदद से काफी मशक्कत के बाद आग पर पूर्ण नियंत्रण पा लिया। स्थानीय निवासियों का कहना है कि यदि आग पर थोड़ी देर में काबू न पाया जाता तो आसपास की दुकानों और घरों में फैलकर यह भयानक रूप ले सकती थी। इस सफल अभियान में अग्निशमन टीम के सदस्य चंदन शर्मा, दीपक कुमार, विनय पांडे, प्रकाश कुमार, नेहा कुमारी और सती कुमारी शामिल थे। स्थानीय लोगों ने अग्निशमन दल की त्वरित कार्रवाई और साहस की सराहना की तथा उन्हें धन्यवाद दिया। यह घटना एक बार फिर गैस सिलेंडरों के सुरक्षित उपयोग और आपातकालीन तैयारी की आवश्यकता को रेखांकित करती है। बाजारों और दुकानों में सिलेंडरों की नियमित जांच, लीकेज की रोकथाम और अग्निशमन उपकरण रखना आवश्यक है। प्रशासन ने भी लोगों से अपील की है कि ऐसी आपात स्थितियों में शांत रहकर तुरंत अग्निशमन विभाग को सूचित करें।
सहरसा में रेलवे ओवरब्रिज (आरओबी) निर्माण के कारण पुरानी बस स्टैंड के पीछे मल्लिक टोला क्षेत्र में बसे 200 से अधिक महादलित परिवारों को विस्थापित किया गया है। राष्ट्रीय अनुसूचित जाति आयोग (एनसीएससी) ने इस मामले में सहरसा जिला प्रशासन से 30 दिनों के भीतर जवाब मांगा है। ये परिवार रेलवे की जमीन पर सालों से रह रहे ये परिवार रेलवे की जमीन पर वर्षों से रह रहे थे। वे अपने पुनर्वास और 5 डिसमिल जमीन की मांग कर रहे हैं। इस मुद्दे को लेकर गुरुवार शाम करीब 200 महादलित महिलाओं ने एकजुट होकर सहरसा जिला प्रशासन से ठोस पुनर्वास व्यवस्था करने की मांग की। महिलाओं का कहना है कि बिना वैकल्पिक व्यवस्था किए उन्हें हटाया जाना अनुचित है। इससे उनके सामने जीवन यापन का गंभीर संकट खड़ा हो गया है। सहरसा नगर निगम क्षेत्र के इस्लामिया चौक निवासी समाजसेवी रोशन खातून ने इस मामले को गंभीरता से उठाया है। उन्होंने सहरसा जिलाधिकारी सहित राष्ट्रीय अनुसूचित जाति आयोग को पत्र लिखकर महादलित परिवारों के पुनर्वास की मांग की थी। पहले भी हुआ था पत्राचार, लेकिन नहीं निकला हल खातून ने बताया कि इससे पहले भी कहरा अंचलाधिकारी को वार्ड संख्या 32 स्थित बस स्टैंड क्षेत्र में बसे महादलित परिवारों को वैकल्पिक भूमि उपलब्ध कराने के लिए पत्राचार किया गया था, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। उन्होंने यह भी बताया कि इन परिवारों के पास आधार कार्ड, राशन कार्ड सहित सरकारी योजनाओं का लाभ उपलब्ध है, जिससे प्रशासन उनकी स्थायी बसावट से अवगत था। प्रशासन से गुहार, सुनवाई की आस पीड़ित कजरी देवी ने अपनी स्थिति बताते हुए कहा कि वे लोग वर्षों से उसी जमीन पर रह रहे हैं और उन्हें सरकार की सभी बुनियादी सुविधाएं मिलती रही हैं। अचानक उजाड़ दिए जाने से उनके पास रहने के लिए कोई जगह नहीं बची है। उन्होंने कहा, हम लोग बार-बार प्रशासन के पास गुहार लगा रहे हैं, लेकिन अब तक कोई सुनवाई नहीं हुई है।
भागलपुर के नाथनगर प्रखंड स्थित गोसाईदासपुर गांव में मकर संक्रांति के अवसर पर दो दिवसीय पारंपरिक दंगल अखाड़ा कार्यक्रम आयोजित हुई। इसका गुरुवार को समापन हो गया। यह दंगल बुधवार को शुरू हुआ था और गुरुवार को अंतिम मुकाबलों और पुरस्कार वितरण के साथ समाप्त हुआ। इस आयोजन को देखने के लिए बड़ी संख्या में ग्रामीण और कुश्ती प्रेमी उमड़े। इस दंगल प्रतियोगिता में बिहार के विभिन्न जिलों जैसे भागलपुर, बेगूसराय, कटिहार, बांका, खगड़िया, पूर्णिया के साथ-साथ दिल्ली के नामी पहलवानों ने भी हिस्सा लिया। पहलवानों ने अखाड़े में अपनी शक्ति और तकनीक का प्रदर्शन किया। कड़े मुकाबलों के बाद गोसाईदासपुर के फोटो पहलवान ने प्रथम स्थान हासिल किया। कैश के साथ दीवार घड़ी देकर सम्मानित किया बांका के कटोरिया निवासी कर्ण पहलवान दूसरे स्थान पर रहे। खगड़िया के उसरी गांव के रोशन पहलवान को तृतीय स्थान मिला, जबकि बेगूसराय के आजमतुल्ला पहलवान ने चतुर्थ स्थान हासिल किया। विजेता पहलवानों को नकद राशि और दीवार घड़ी देकर सम्मानित किया गया। प्रथम स्थान के लिए ₹5100 नकद और एक दीवार घड़ी, द्वितीय स्थान के लिए ₹3100 नकद और एक दीवार घड़ी, तृतीय स्थान के लिए ₹2100 नकद और एक दीवार घड़ी, और चतुर्थ स्थान के लिए ₹1100 नकद पुरस्कार प्रदान किए गए। पुरस्कार वितरण पूर्व पंचायत समिति सदस्य गोसाईदासपुर और वर्तमान राजद प्रखंड अध्यक्ष, नाथनगर प्रखंड की ओर से किया गया। दंगल अखाड़े में उद्घोषक की भूमिका अशोक कुमार राकेश और मिथिलेश यादव (वकील) ने निभाई। इस अवसर पर झारी लाल यादव, मिथुन यादव, बबलू यादव, मुकेश यादव सहित कई गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे। इस आयोजन का उद्देश्य पारंपरिक कुश्ती संस्कृति का संरक्षण और सामाजिक सौहार्द को बढ़ावा देना था।
रायसेन जिले के बरेली स्थित गुरुवार को नर्मदा नदी के मांगरोल घाट से स्नान कर अपने गांव मगरधा लौट रहे श्रद्धालुओं से भरी एक ट्राली पलट गई। हादसे के बाद मौके पर चीख पुकार मच गई। ट्राली में बच्चे भी सवार थे। हादसे में 13 लोग घायल हो गए, जिनमें से चार गंभीर रूप से घायल हैं और उन्हें भोपाल रेफर किया गया है। यह घटना शाम करीब 4 बजे क्रॉसिंग के दौरान हुई। दुर्घटना के तत्काल बाद सभी घायलों को नगर के सिविल अस्पताल लाया गया, जहां उनका प्राथमिक उपचार शुरू किया गया। घटना की सूचना मिलते ही स्वास्थ्य राज्य मंत्री नरेंद्र शिवाजी पटेल बरेली सिविल अस्पताल पहुंचे और घायलों से मुलाकात कर उनका हालचाल जाना। इस दौरान एसडीएम संतोष मुद्गल और एसडीओपी कुंवर सिंह मुकाती सहित पुलिस बल भी मौके पर मौजूद रहा। घायलों में मगरधा निवासी लताबाई (50 वर्ष), सोनम (35 वर्ष), सुमन (34 वर्ष), वंदना (18 वर्ष), सीता (55 वर्ष), अंजू (19 वर्ष), गंगाबाई (70 वर्ष), खुशी (8 वर्ष), मानसी (14 वर्ष), हेमलता (40 वर्ष) और सौरभ (10 वर्ष) शामिल हैं। मढ़ैया बाड़ी निवासी नमकी बाई (40 वर्ष) और सौरभ (15 वर्ष) भी घायल हुए हैं। इनमें से चार गंभीर घायलों को प्राथमिक उपचार के बाद भोपाल रेफर किया गया है।
डीहकुसुंभा ने आसनसोल को 166 रनों से हराया:बाबा कामेश्वरनाथ टूर्नामेंट में बसंत कुमार मैन ऑफ द मैच
शेखपुरा में स्थानीय रामाधीन महाविद्यालय मैदान में आयोजित बाबा कामेश्वर नाथ टी-20 क्रिकेट टूर्नामेंट के तीसरे दिन खेले गए मुकाबले में जिले की डीहकुसुंभा टीम ने पश्चिम बंगाल की आसनसोल टीम को बड़े अंतर से पराजित कर शानदार जीत दर्ज की। मैच में डीहकुसुंभा की टीम ने बल्लेबाजी और गेंदबाजी दोनों में दमदार प्रदर्शन किया। डीहकुसुंभा ने बनाए 266 रन टूर्नामेंट के आयोजक राजेश कुमार सिन्हा ने बताया कि टॉस जीतकर डीहकुसुंभा टीम के कप्तान ने पहले बल्लेबाजी करने का फैसला लिया। टीम ने निर्धारित 20 ओवर में 9 विकेट के नुकसान पर 266 रनों का विशाल स्कोर खड़ा किया।टीम की ओर से राते यादव ने 44 गेंदों पर तूफानी 89 रन बनाए, जबकि राज शर्मा ने मात्र 22 गेंदों में 59 रनों की तेज पारी खेली। आसनसोल टीम की ओर से गेंदबाजी करते हुए शुभम कुमार ने 2 विकेट और टून्ना कुमार ने 3 विकेट हासिल किए। 100 रन पर सिमटी आसनसोल की टीम 266 रनों के लक्ष्य का पीछा करने उतरी आसनसोल की टीम शुरुआत से ही दबाव में नजर आई और पूरी टीम महज 100 रन पर सिमट गई। टीम की ओर से अभिषेक कुमार ने 20 रन और मोहित कुमार ने 15 रन बनाए, जबकि अन्य बल्लेबाज पिच पर टिक नहीं सके। बसंत कुमार की घातक गेंदबाजी डीहकुसुंभा की ओर से गेंदबाजी में बसंत कुमार ने शानदार प्रदर्शन करते हुए 5 विकेट झटके, जबकि विजय लाल ने 3 विकेट अपने नाम किए। बेहतरीन गेंदबाजी के लिए बसंत कुमार को ‘मैन ऑफ द मैच’ का पुरस्कार दिया गया। ठंड में धूप और क्रिकेट का आनंद मंद-मंद पछुआ हवा और खिली धूप के बीच खेले जा रहे इस क्रिकेट टूर्नामेंट को देखने के लिए बड़ी संख्या में दर्शक मैदान में मौजूद रहे। आयोजकों की ओर से खेल प्रेमियों के लिए विशेष व्यवस्थाएं की गई हैं। टूर्नामेंट के आगामी मुकाबलों को लेकर दर्शकों में खासा उत्साह देखा जा रहा है।
भागलपुर के वरीय पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) प्रमोद कुमार यादव ने आज लोदीपुर थाना परिसर में जनता दरबार का आयोजन किया। इसका उद्देश्य आम जनता की समस्याओं का समाधान करना था। इस जनसुनवाई में बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिकों ने अपनी शिकायतें एसएसपी के सामने रखीं। सामने आई शिकायतों में भूमि विवाद, पारिवारिक झगड़े, आपसी मारपीट और थाना स्तर पर लंबित मामले प्रमुख थे। एसएसपी ने सभी शिकायतों को गंभीरता से सुना और उनके तुरंत निष्पक्ष समाधान पर जोर दिया। संवेदनशील व्यवहार करने का दिया आदेश एसएसपी प्रमोद कुमार यादव ने संबंधित पुलिस पदाधिकारियों को निर्देश दिए कि शिकायतों की निष्पक्ष जांच कर समयबद्ध कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। उन्होंने यह भी कहा कि पीड़ितों को जल्द न्याय मिले और थाना स्तर पर फरियादियों के साथ संवेदनशील और सहयोगात्मक व्यवहार किया जाए। उन्होंने पुलिस अधिकारियों को जनता और पुलिस के बीच विश्वास कायम रखने की आवश्यकता पर बल दिया। एसएसपी ने बताया कि जनता दरबार जैसे कार्यक्रम न केवल लोगों की समस्याओं को सीधे उच्च अधिकारियों तक पहुंचाते हैं, बल्कि पुलिस की कार्यप्रणाली में पारदर्शिता भी बढ़ाते हैं। उन्होंने नागरिकों से कानून-व्यवस्था बनाए रखने में पुलिस का सहयोग करने की अपील भी की। इस अवसर पर विधि-व्यवस्था डीएसपी नवनीत कुमार और लोदीपुर थानाध्यक्ष घनश्याम कुमार सहित कई पुलिस पदाधिकारी उपस्थित थे। अधिकारियों ने भी जनता की समस्याओं को गंभीरता से लेते हुए आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए। जनता दरबार के सफल आयोजन से स्थानीय लोगों ने संतोष व्यक्त किया और इस पहल की सराहना की।
प्राकृतिक आपदाओं के प्रति जन-जागरूकता को बढ़ावा देने के उद्देश्य से आज सीवान जिले में 'भूकंप सुरक्षा पखवाड़ा' का विधिवत शुभारंभ किया गया। जिला पदाधिकारी विवेक रंजन मैत्रेय के नेतृत्व में आयोजित इस कार्यक्रम का आगाज जिला मुख्यालय से हुआ, जहां डीएम ने एक विशेष जागरूकता रथ को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। यह पखवाड़ा 15 जनवरी से 28 जनवरी 2026 तक जिलेभर में संचालित किया जाएगा। जिला प्रशासन द्वारा शुरू किए गए इस अभियान का मुख्य लक्ष्य जिले के नागरिकों को भूकंप जैसी आपदा से निपटने के व्यावहारिक तरीकों, एहतियाती उपायों और आपातकालीन स्थितियों में अपनाए जाने वाले कदमों के बारे में जागरूक करना है। इस दौरान शहरी व ग्रामीण इलाकों तक व्यापक स्तर पर कार्यक्रमों की श्रृंखला संचालित की जाएगी। अभियान के तहत जिला मुख्यालय, प्रखंड कार्यालयों, भीड़-भाड़ वाले बाजारों, अस्पतालों, सार्वजनिक स्थानों व शैक्षणिक संस्थानों में जन-जागरूकता गतिविधियाँ आयोजित की जाएंगी। जानकारी को सरल और रोचक तरीके से लोगों तक पहुँचाने के लिए नुक्कड़ नाटकों का आयोजन विशेष रूप से किया गया है। प्रशासन का मानना है कि नाटक और संवाद के माध्यम से जानकारी आमजन तक ज्यादा प्रभावी तरीके से पहुंचती है। अभियान को मजबूत बनाने के लिए पूरे जिले में प्रमुख स्थानों पर फ्लैक्स, पोस्टर और होर्डिंग लगाए गए हैं, जिनमें भूकंप के समय की सावधानियों और बचाव उपायों की सूची अंकित है। साथ ही आमजन के बीच पम्फलेट भी वितरित किए जा रहे हैं ताकि हर हाथ में उपयोगी जानकारी पहुँचे। लॉन्च किए गए जागरूकता रथ में विशेष व्यवस्था की गई है, जिसके माध्यम से गांव-गांव और मोहल्लों में संदेश प्रसारित किए जाएंगे। यह रथ अगले 14 दिनों तक सभी शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में भ्रमण करेगा। शुभारंभ के अवसर पर जिला पदाधिकारी विवेक रंजन मैत्रेय ने कहा कि “भूकंप जैसी आपदा हमें समय से पहले चेतावनी नहीं देती, इसलिए तैयारी ही सबसे बड़ी सुरक्षा है। यदि नागरिक सही जानकारी और सुरक्षा नियमों को अपने व्यवहार में अपनाएँ तो जान-माल के नुकसान को काफी हद तक कम किया जा सकता है।” उन्होंने सभी नागरिकों, संस्थानों और सामाजिक संगठनों से अपील की कि वे इस अभियान में सक्रिय भागीदारी निभाएँ और घर-परिवार में जागरूकता बढ़ाएँ।
पूर्व डिप्टी सीएम टीएस सिंहदेव ने आज एसआईआर और मनरेगा बचाओ संघर्ष को लेकर सरगुजा जिला कांग्रेस कमेटी सहित सभी ब्लॉक कांग्रेस कमेटी अध्यक्ष एवं मंडल अध्यक्षों की संयुक्त बैठक की। बैठक में कांग्रेस नेताओं को बूथों में मतदाताओं से संपर्क कर नाम जुड़वाने में मदद करने का निर्देश दिया गया। मनरेगा बचाओ आंदोलन के तहत कांग्रेसी गांव-गांव में मजदूरों से काम मांगने के लिए आवेदन कराएंगे। बैठक में कांग्रेस जिलाध्यक्ष बालकृष्ण पाठक ने एसआईआर के नए गाइडलाइन को लेकर कहा कि जिला निर्वाचन अधिकारी के साथ ही प्रदेश निर्वाचन पदाधिकारी एवं मुख्य चुनाव आयुक्त को भी पत्र लिख अविलंब जानकारी एवं विलोपित मतदाताओं की सूची मांगी गई है। पूर्व डिप्टी सीएम सिंहदेव ने कहा कि कांग्रेस पाटी के सभी बीएलए अपने-अपने बूथ के बीएलओ के साथ तत्काल संपर्क स्थापित कर प्रभावित होने वाले मतदाताओं की सूची प्राप्त कर बीएलओ के माध्यम से उनके दस्तावेजों को एप में अपलोड कराने में मदद करें। उन्होंने कहा कि चुनाव आयोग के द्वारा अनायास थोपे नये नियमों कारण बडी संख्या में गरीब और साधन विहीन मतदाता को मताधिकार से वंचित होना पड़ सकता है। गांव-गांव मांगा जायेगा रोजगारमनरेगा के स्थान पर केन्द्र सरकार के द्वारा लाये गये वीबी-जी राम जी योजना के तहत कांग्रेस गांव गांव जाकर पंजीकृत मजदूरों को काम मांगने के लिए आवेदन लगवाएगी। कांग्रेस के मनरेगा बचाओ संघर्ष आंदोलन में यह एक महत्वपूर्ण कदम होगा। टीएस सिंहदेव ने कहा कि लगभग 1 साल से मनरेगा के अंतर्गत काम ठप है। कांग्रेस के कार्यकर्ता गांवों में जाकर मनरेगा के पंजीकृत मजदूरों को काम मांगने के लिए प्रेरित करें। रोजगार के लिए प्रस्तुत आवेदनों को सार्वजनिक करें। इस बात की पूरी गारंटी है कि रोजगार देने में सरकार विफल साबित होगी और नयी योजना की आड़ में रोजगार की गारंटी देने वाले नियम को समाप्त करने के उसके प्रयास की पोल खुल जाएगी। पूर्व केबिनेट मंत्री अमरजीत भगत ने कहा कि मनरेगा हर हाथ को काम देने की रोजगार गारंटी स्कीम थी। उसके स्थान पर लाई गई योजना छलावा है। हम इस बात को रोजगार गारंटी के पंजीकृत मजदूरों तक ले जाएंगे। बैठक में पूर्व केबिनेट मंत्री अमरजीत भगत, अजय अग्रवाल, जेपी श्रीवास्तव, डॉ. अजय तिर्की, विक्रमादित्य सिंहदेव, रामविनय सिंह, मो. इस्लाम, सिद्धार्थ सिंहदेव, विनय शर्मा, इंद्रजीत सिंह धंजल, प्रदीप गुप्ता पालू, बलराम यादव, अमित सिंहदेव, विक्रम सिंह, प्रदीप गुप्ता, नारद गुप्ता, संजय विश्वकर्मा, विनित जायसवाल, अनीमा केरकेट्टा, विनित जायसवाल, ओमप्रकाश सिंह सहित पदाधिकारी उपस्थित थे। नवनियुक्त ब्लॉक अध्यक्षों का सम्मानछत्तीसगढ़ में नए ब्लॉक अध्यक्षों के नियुक्ति का पत्र AICC ने एक दिन पूर्व जारी किया है। आज की बैठक में सरगुजा जिले के दसो सांगठनिक ब्लॉक के नवनियुक्त अध्यक्ष मौजूद थे। बैठक के पूर्व टीएस सिंहदेव ने साी अध्यक्षों को नियुक्ति पत्र सौंपा।कांग्रेस जिलाध्यक्ष बालकृष्ण पाठक ने अतिशिघ्र कार्यकारणी गठन कर पार्टी की विचारधार के पक्ष में संगठन को मजबूत करने को कहा।
नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली ने कहा- भाजपा वोटर लिस्ट में बड़े पैमाने पर फर्जीवाड़ा करने का षड्यंत्र कर रही है। SIR प्रक्रिया का दुरुपयोग कर कांग्रेस समर्थित मतदाताओं के नाम भाजपा सुनियोजित तरीके से काट रही है। जूली ने कहा- अगर इतनी ही बेईमानी और फर्जीवाड़ा करना है, तो चुनाव का ढोंग बंद कर खुद को निर्वाचित घोषित कर दें। जनता के बीच जाने से आपको डर लगता है, इसीलिए आप चुनाव प्रणाली को दूषित कर रहे हैं। देश की चुनाव प्रणाली पर जो अंगुलियां उठ रही हैं, उसका कारण भाजपा का यही आचरण है। जूली ने प्रक्रिया पर सवाल उठाते हुए कहा- नियमों को ताक पर रखकर थोक में फॉर्म जमा किए जा रहे हैं। चुनाव कार्यालय के सीसीटीवी फुटेज खंगाले जाएं, ताकि पता चले कि हजारों फॉर्म कौन जमा कर रहा है? फॉर्म प्रिंटेड हैं, जिनमें केवल नाम कटवाने वालों की जानकारी पहले से छपी है। शिकायतकर्ता ने आनन-फानन में फर्जी हस्ताक्षर किए हैं। फर्जी आवेदन करने वालों पर मुकदमा दर्ज करेंजूली ने कहा- एक व्यक्ति को कितने नाम कटवाने का अधिकार है? यहां एक-एक व्यक्ति 500 से 700 नाम कटवाने के आवेदन दे रहा है। ऐसे लोगों पर तत्काल मुकदमा दर्ज किया जाना चाहिए जो संविधान का मजाक बना रहे हैं। मैं 28 हजार वोटों से जीता, अब इतने ही नाम कटवाने के आए आवेदन... ये संयोग या साजिशउन्होंने कहा- मैं इस बार लगभग 28 हजार वोटों के अंतर से जीता हूं। यह कोई संयोग नहीं, बल्कि गहरी साजिश है कि अलवर ग्रामीण में लगभग 28 हजार नाम कटवाने के ही आवेदन लगाए गए हैं। पिछले तीन दिनों में 4 हजार, फिर 12 हजार 500 और गुरुवार को 7-10 हजार और फॉर्म जमा किए गए हैं। यह लोकतंत्र का अपहरण है। अफसर संविधान की नौकरी करें, भाजपा की नहींप्रशासनिक अधिकारियों और कर्मचारियों की भूमिका पर नेता प्रतिपक्ष ने चेतावनी दी। जूली ने कहा- बाबा साहब अंबेडकर के संविधान और नियमों की पालना कराना अधिकारियों की जिम्मेदारी है। यदि आप दबाव में काम कर रहे हैं या भाजपा के एजेंट बन गए हैं, तो नौकरी छोड़ दें। हम गलत करने वाले हर अधिकारी के खिलाफ पूरी कांग्रेस पार्टी के साथ खड़े रहेंगे और विधानसभा सत्र (28 जनवरी) में इस मुद्दे को जोर-शोर से उठाएंगे। मुख्य निर्वाचन अधिकारी से मिले कांग्रेस नेताSIR में गड़बड़ी के मुद्दे पर कांग्रेस नेताओं ने मुख्य निर्वाचन अधिकारी नवीन महाजन से मुलाकात की। नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली, कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा, उपनेता प्रतिपक्ष रामकेश मीणा और मुख्य सचेतक रफीक खान ने नवीन महाजन से मुलाकात की। प्रतिनिधिमंडल ने जांच की मांग करते हुए किसी भी तरह की गड़बड़ी पर सख्त कार्रवाई करने को कहा।
गयाजी के डेल्हा थाना क्षेत्र स्थित धनिया बगीचा मोहल्ले से राजेश मालाकार पिछले 15 दिनों से लापता हैं। 31 दिसंबर 2025 की शाम से उनका कोई सुराग नहीं मिल पाया है, जिससे उनके परिवार में चिंता का माहौल है। परिजनों के अनुसार, राजेश मालाकार उस शाम अपनी पत्नी से हुए विवाद के बाद घर से निकले थे। इसके बाद वे वापस नहीं लौटे। देर रात तक घर न आने पर परिवार ने उनकी तलाश शुरू की। सकुशल वापसी के लिए लिखित आवेदन दिया राजेश के बेटे राहुल कुमार ने बताया कि उन्होंने अपने पिता को खोजने के लिए रिश्तेदारों, परिचितों और आसपास के इलाकों में पूछताछ की, लेकिन कोई जानकारी नहीं मिली। राहुल ने डेल्हा थाना में अपने पिता की सकुशल वापसी के लिए लिखित आवेदन दिया है और पुलिस से जल्द कार्रवाई का अनुरोध किया है। परिवार का कहना है कि राजेश मालाकार की किसी से कोई दुश्मनी नहीं थी और वे पहले कभी इस तरह बिना बताए घर से नहीं गए थे। परिवार को किसी अनहोनी की आशंका है। डेल्हा थाना पुलिस ने बताया कि उन्हें आवेदन मिल गया है और मामले की जांच की जा रही है। पुलिस आसपास के इलाकों, रिश्तेदारों और संभावित स्थानों पर पूछताछ कर रही है। साथ ही, सीसीटीवी फुटेज और मोबाइल कॉल डिटेल्स की भी जांच की जा रही है ताकि कोई सुराग मिल सके। इस संबंध में डेल्हा थाना के थानाध्यक्ष देवराज इंद्र का कहना है कि राहुल कुमार ने अपने पिता की गुमशुदगी का आवेदन दिया है. खोजबीन की जा रही है। जल्द ही सकुशल बरामद कर लिया जाएगा।
सिरसा में आर्किटेक्ट एवं इंटीरियर डिजाइनर पर करीब 33 लाख रुपए की धोखाधड़ी करने का आरोप लगा है। आरोप है कि आर्किटेक्ट ने पहले से 70 प्रतिशत रुपए लेने के बावजूद घर का काम बीच में छोड़ दिया। अब यह मामला पुलिस थाने तक जा पहुंचा है। सिरसा के एफ-ब्लॉक निवासी मुनीश कुमार ने पुलिस को दी शिकायत में स्थानीय आर्किटेक्ट एवं इंटीरियर डिजाइनर राज सिंह पर 33 लाख रुपए की धोखाधड़ी करने का आरोप लगाया है। शहर थाना पुलिस ने शिकायत मिलने पर आरोपी राज सिंह के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है और मामले की जांच शुरू कर दी है। शिकायत में मुनीश कुमार ने बताया, आरोपी राज सिंह, हिसार रोड का रहने वाला है। उसने उसे घर के आर्किटेक्चरल, इंटीरियर डिजाइन और संबंधित कार्यों के लिए पेशेवर सेवाएं देने के लिए प्रेरित किया। अप्रैल 2025 में काम शुरू हुआ और वादा किया था कि प्रोजेक्ट 31 अगस्त 2025 तक पूरा हो जाएगा। शिकायतकर्ता के अनुसार, राज सिंह ने अपनी विशेषज्ञता, कुशल टीम, फैक्ट्री सुविधा और समय पर ईमानदार काम पूरा करने का भरोसा दिलाया। उसने 3डी पीपीटी भी दिखाया और दावा किया कि सभी कार्य उसी डिजाइन के अनुसार होंगे और सजावटी सामान भी अनुबंध के तहत प्रदान किए जाएंगे। इन आश्वासनों पर भरोसा कर शिकायतकर्ता ने आरोपी को प्रोजेक्ट सौंप दिया। सितंबर तक 33 लाख रुपए दे दिए थे शिकायत में आरोप लगाए कि, आरोपी द्वारा किए गए सभी वादे झूठे थे, ताकि बड़ी रकम हथियाई जा सके। विश्वास में आकर उसने सितंबर 2025 तक 33 लाख रुपए आरोपी को सौंप दिए। यह राशि शर्त के साथ दी गई थी कि पैसा केवल उनके प्रोजेक्ट के लिए तय स्पेसिफिकेशन, डिजाइन, मात्रा और समय-सीमा के अनुसार इस्तेमाल होगा। राज सिंह ने डिजिटल मैसेज में 33 लाख रुपए मिलने की पुष्टि भी की। पैसे लेने के बाद काम धीमा रहा, 40 प्रतिशत काम ही पूरा किया था शिकायतकर्ता का आरोप है कि इतनी सारी रकम मिलने के बाद उसके यहां काम धीमा रहा। 2 दिसंबर 2025 तक साइट पर मात्र 40 प्रतिशत काम ही पूरा हुआ, जबकि बड़ा हिस्सा शुरू ही नहीं हुआ। शहर थाना पुलिस का कहना है कि जांच अधिकारी ने मामले की जांच शुरू कर दी गई। जो सच्चाई सामने आएगी उसके अनुसार आगामी कार्रवाई की जाएगी।
पंचकूला पुलिस ने सेक्टर-8 स्थित रिलायंस स्मार्ट बाजार में हुई सामान की चोरी की गुत्थी को सुलझाते हुए दो सुरक्षा गार्डों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों की पहचान साहिल चौहान और पीयूष के रूप में हुई है, जो मूल रूप से हिमाचल प्रदेश के हमीरपुर जिले के निवासी हैं। पंचकूला सेक्टर-8 स्थित रिलायंस स्मार्ट बाजार स्टोर का मालिक ने 9 जनवरी को शिकायत देते हए बताया था कि उनके स्टोर पर तैनात दो सुरक्षा गार्ड पिछले काफी समय से स्टोर से सामान चोरी कर रहे थे। रिकार्ड मिलान के दौरान स्टोर से करीब डेढ़ लाख रुपए का सामान गायब पाया गया। जांच के बाद आरोपी साहिल चौहान निवासी हमीरपुर, हिमाचल प्रदेश, हाल किरायेदार मनीमाजरा को 10 जनवरी को गिरफ्तार किया। 11 जनवरी को उसे कोर्ट में पेश कर 5 दिन का पुलिस रिमांड लिया गया। रिमांड पर लिया दूसरा आरोपी साहिल से पूछताछ के दौरान इस वारदात में शामिल उसके साथी पीयूष का नाम सामने आया, जो उसी स्टोर में सुरक्षा गार्ड था। पुलिस ने 14 जनवरी को पीयूष को उसके पैतृक निवास हमीरपुर से गिरफ्तार कर लिया। दूसरे आरोपी पीयूष को कोर्ट में पेश कर पुलिस ने एक दिन का रिमांड हासिल किया है। रिमांड के दौरान पुलिस आरोपियों से यह पता लगाएगी कि वे चोरी किया हुआ सामान किसे बेचते थे। वहीं, पहले आरोपी साहिल चौहान को रिमांड अवधि पूरी होने के बाद न्यायिक हिरासत भेज दिया गया है।
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने गुरुवार को नई दिल्ली में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी से सौजन्य भेंट की। सीएम ने बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा से भी मुलाकात की।प्रधानमंत्री से भेंट के दौरान मुख्यमंत्री ने नरसिंहपुर जिले के गाडरवारा स्थित NTPC लिमिटेड के सुपर थर्मल पावर स्टेशन के क्षमता विस्तार (स्टेज-II) के भूमि-पूजन में प्रधानमंत्री को आमंत्रित किया। साथ ही प्रदेश की प्रमुख उपलब्धियों, नवाचारों और योजनाओं की विस्तृत जानकारी दी। ₹20,446 करोड़ का पावर प्रोजेक्ट, 2029-30 तक पूरा करने का लक्ष्य मुख्यमंत्री ने बताया कि गाडरवारा सुपर थर्मल पावर स्टेशन के 1600 मेगावॉट (2800 MW) क्षमता विस्तार को ऊर्जा मंत्रालय, भारत सरकार से मंजूरी मिल चुकी है। इस प्रोजेक्ट की लागत ₹20,446 करोड़ है अल्ट्रा सुपर क्रिटिकल तकनीक के इस प्रोजेक्ट में एयर कूल्ड कंडेंसर होंगे। जिससे पारंपरिक कूलिंग टॉवर की तुलना में पानी की खपत एक-तिहाई कम होगी। वर्ष 2029-30 तक परियोजना पूरी करने का लक्ष्य है। सीएम ने प्रधानमंत्री को इनकी जानकारी दी ‘कृषक कल्याण वर्ष 2026: प्रधानमंत्री को अवगत कराया गया कि मध्यप्रदेश सरकार वर्ष 2026 को ‘कृषक कल्याण वर्ष’ के रूप में मना रही है, ताकि “समृद्ध किसान-समृद्ध प्रदेश” का लक्ष्य हासिल किया जा सके।जनवरी से नवंबर 2026 तक विस्तृत कैलेंडर, 16+ विभागों की सहभागिता सुनिश्चित की गई है। इसमें मुख्य रूप से 10 संकल्प हैं जिनमें: प्राकृतिक-जैविक खेती, फूड पार्क/फूड प्रोसेसिंग, कृषि उद्योगों को सब्सिडी, किसानों की भागीदारी बढ़ाना मुख्य है। अगले 3 वर्षों में 30 लाख किसानों के खेतों में सोलर पंप स्थापना का लक्ष्य रखा है। अभ्युदय मध्यप्रदेश ग्रोथ समिट: 8 लाख करोड़+ का भूमि-पूजन मुख्यमंत्री ने बताया कि 25 दिसंबर 2025 को ग्वालियर में भारत रत्न अटल बिहारी वाजपेयी की 101वीं जयंती पर “अभ्युदय मध्यप्रदेश ग्रोथ समिट” आयोजित की गई। जिसका शुभारंभ केन्द्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने किया था इसमें 8 लाख करोड़ से ज्यादा लागत की औद्योगिक/निर्माण इकाइयों का सामूहिक भूमि-पूजन किया गया था। ₹5,810 करोड़ के औद्योगिक व सड़क विकास कार्यों का लोकार्पण किया गया था। इनमें 860 वृहद इकाइयों को ₹725 करोड़ निवेश प्रोत्साहन—सिंगल क्लिक से दिया गया। दुग्ध उत्पादन में उछाल: 25% बढ़ा कलेक्शन ‘नक्सल मुक्त मध्यप्रदेश’—MMC जोन में भी सफाया
कपूरथला जिले के फगवाड़ा स्थित सुधीर स्वीट शॉप पर हुई फायरिंग के मामले में बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस ने इस मामले में चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है और उनके पास से दो कारें बरामद की हैं। एसएसपी कपूरथला गौरव तूरा ने इसकी पुष्टि की। एसएसपी गौरव तूरा ने बताया कि सीआईए कपूरथला, फगवाड़ा पुलिस और कपूरथला पुलिस की संयुक्त टीमों ने एक साझा अभियान चलाकर इन आरोपियों को पकड़ा। चार आरोपी गिरफ्तार गिरफ्तार आरोपियों की पहचान सतनामपुरा थाना क्षेत्र के गांव माहेरू का रहने वाला रुपिंदर सिंह उर्फ पिंदा, सदर फगवाड़ा थाना क्षेत्र के गांव बीर पुआड़ का रहने वाला सुखराज सिंह उर्फ सुखा, शहीद भगत सिंह नगर जिले के बहराम थाना क्षेत्र के संधवान का रहने वाला कमलप्रीत सिंह उर्फ पीता और सतनामपुरा थाना क्षेत्र के गांव खेड़ा का हरजीत सिंह के रूप में हुई है। दो कार बरामद एसएसपी के अनुसार, आरोपियों ने 12 जनवरी को सुबह फगवाड़ा स्थित सुधीर स्वीट शॉप पर फायरिंग की थी। पुलिस ने आरोपियों की गिरफ्तारी के दौरान एक हुंडई ब्रेजा और एक हुंडई वेन्यू कार भी बरामद की है। अन्य वारदात को भी दिया अंजाम पूछताछ में आरोपियों ने कपूरथला, मुकंदपुर (शहीद भगत सिंह नगर) और बहराम (शहीद भगत सिंह नगर) में एक-एक अन्य वारदात को अंजाम देने का खुलासा किया है। इस मामले में उनके दो अन्य साथियों के नाम भी सामने आए हैं, जिन्हें जल्द ही गिरफ्तार किया जाएगा। पुलिस को उम्मीद है कि आगे की पूछताछ में और भी महत्वपूर्ण खुलासे हो सकते हैं। गैंग के मुख्य सरगना के बारे में भी अहम जानकारी मिली है, जिसे जल्द ही पकड़ा जाएगा।
गया में गणतंत्र दिवस समारोह की तैयारियों को लेकर एक समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक समाहरणालय सभाकक्ष में जिलाधिकारी शशांक शुभंकर की अध्यक्षता में हुई। इसमें 26 जनवरी को होने वाले कार्यक्रमों की व्यवस्था पर विस्तृत चर्चा की गई और संबंधित अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए गए। बैठक की शुरुआत में सामान्य शाखा के प्रभारी पदाधिकारी ने गणतंत्र दिवस की तैयारियों की बिंदुवार जानकारी दी। बताया गया कि मुख्य अतिथि की ओर से स्थानीय गांधी मैदान में ध्वजारोहण किया जाएगा। इसके बाद गांधी मंडप, प्रमंडलीय आयुक्त कार्यालय, समाहरणालय और अन्य सरकारी और सार्वजनिक स्थलों पर भी झंडोत्तोलन होगा। जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि इस साल भी सभी जिला स्तरीय अधिकारी महादलित बहुल टोलों में जाकर झंडोत्तोलन करेंगे। इसका उद्देश्य समाज के अंतिम पायदान पर खड़े लोगों की भागीदारी सुनिश्चित करना है। जिला कल्याण पदाधिकारी को इन टोलों की सूची जल्द उपलब्ध कराने का निर्देश दिया गया, ताकि अधिकारियों को चिह्नित क्षेत्रों में भेजा जा सके। शिक्षाप्रद झांकियां निकाली जाएंगी मुख्य राष्ट्रीय समारोह के दौरान हरिहर सुब्रहमणियम स्टेडियम, गया में विभिन्न सरकारी विभागों, संस्थानों और विद्यालयों की ओर से आकर्षक व शिक्षाप्रद झांकियां निकाली जाएंगी। जिलाधिकारी ने कहा कि इस साल झांकियों में सरकार की कल्याणकारी योजनाओं, विकास काम और जनहित से जुड़ी योजनाओं को प्रमुखता से प्रदर्शित किया जाए। झांकियों के चयन, क्रमबद्घता और समय-सीमा तय करने के लिए एक विशेष समिति का गठन किया गया है। टैंकर से जलापूर्ति सुनिश्चित करने का निर्देश व्यवस्थाओं के संबंध में, जिलाधिकारी ने नगर आयुक्त को गांधी मैदान की साफ-सफाई और टैंकर से जलापूर्ति सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। सिविल सर्जन को एक एम्बुलेंस और चिकित्सा सुविधा उपलब्ध रखने को कहा गया। यातायात डीएसपी को समारोह के दौरान यातायात सुचारू रखने के लिए रूट प्लान तैयार करने के निर्देश दिए गए।
भागलपुर के मोजाहिदपुर थाना परिसर में आने वाले सरस्वती पूजा को शांतिपूर्ण और सौहार्दपूर्ण माहौल में संपन्न कराने के उद्देश्य से एक शांति समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता थाना प्रभारी देवेंद्र यादव ने की, जबकि संचालन वरिष्ठ शांति समिति सदस्य प्रोफेसर एजाज अली रोज ने किया। बैठक के दौरान वक्ताओं ने सरस्वती पूजा और उसके विसर्जन को शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने को सभी की सामूहिक जिम्मेदारी बताया। जिला शांति समिति के सदस्यों ने आश्वासन दिया कि वे आने वाले सभी त्योहारों में सक्रिय रूप से सहयोग करेंगे, विशेषकर सरस्वती पूजा के विसर्जन के दौरान किसी भी अप्रिय स्थिति से बचने के लिए समिति के सभी सदस्य मुस्तैद रहेंगे। साफ-सफाई-पर्याप्त लाइटिंग को लेकर चर्चा बैठक में साफ-सफाई, पर्याप्त लाइटिंग और विधि-व्यवस्था बनाए रखने पर भी चर्चा हुई। सदस्यों ने मांग की कि विसर्जन के दौरान चौक-चौराहों और संवेदनशील स्थानों पर पर्याप्त पुलिस बल तैनात किया जाए, ताकि आम लोगों को कोई परेशानी न हो और उत्सव शांतिपूर्ण वातावरण में संपन्न हो सके। बैठक के समापन पर, जिला शांति समिति के सदस्यों ने मोजाहिदपुर थाना प्रभारी देवेंद्र यादव को उनके बेहतर काम के लिए बुके भेंट कर सम्मानित किया। वक्ताओं ने उनके नेतृत्व में थाना क्षेत्र में कानून-व्यवस्था की स्थिति में सुधार और पुलिस व आम जनता के बीच बेहतर समन्वय की सराहना की।
अररिया के आरएस थाना क्षेत्र में स्थित आदर्श मध्य विद्यालय से हुई चोरी के मामले में पुलिस ने कार्रवाई करते हुए दो चोरों और एक खरीदार को गिरफ्तार किया है। यह सफलता पुलिस की सतर्कता और त्वरित जांच का नतीजा है, जिससे स्कूलों में बढ़ती चोरी की घटनाओं पर अंकुश लगाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस ने जांच की शुरू पुलिस सूत्रों के अनुसार, आदर्श मध्य विद्यालय परिसर से बैटरी, इनवर्टर और मोटर पंप जैसे मूल्यवान विद्युत उपकरण चोरी हो गए थे। घटना की सूचना मिलते ही आरएस थाना पुलिस ने जांच शुरू की। गुप्त सूचना और स्थानीय पूछताछ के आधार पर पुलिस ने छापेमारी की, जिसमें दो मुख्य आरोपियों राहुल ठाकुर और लाल बाबू महतो को चोरी के सामान के साथ गिरफ्तार कर लिया गया। जबकि दो अन्य चोर अभी भी फरार बताए जा रहे हैं। पूछताछ के दौरान आरोपियों ने खुलासा किया कि चोरी किया गया सामान उन्होंने चंदन कुमार श्रीवास्तव को बेच दिया था। इस जानकारी के आधार पर पुलिस ने चंदन कुमार श्रीवास्तव को भी चोरी का माल खरीदने के आरोप में धर दबोचा। तीनों आरोपियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज तीनों आरोपियों के खिलाफ संबंधित धाराओं में प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है और जांच जारी है। आरएस थाना पुलिस ने बताया कि चोरी के सामान की कीमत कई हजार रुपये बताई जा रही है, जो विद्यालय की बिजली व्यवस्था और पानी की आपूर्ति के लिए अत्यंत आवश्यक थे। इस घटना से स्कूल प्रशासन और स्थानीय अभिभावकों में काफी आक्रोश था। हालांकि, पुलिस की त्वरित सफलता से स्थानीय लोग संतुष्ट नजर आ रहे हैं। आरएस थाना पुलिस ने लोगों से अपील की है कि किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत पुलिस को दें, ताकि ऐसे तत्वों पर समय रहते अंकुश लगाया जा सके।
जहानाबाद के रतनी-फरीदपुर पंचायत समिति की बैठक में अंचल अधिकारी नुजहत बिना पूर्व सूचना के अनुपस्थित रहे। उनकी गैरहाजिरी पर विधायक राहुल कुमार ने कड़ी नाराजगी जताई। बैठक समाप्त होने के बाद बड़ी संख्या में किसानों ने विधायक से मिलकर अंचल कार्यालय की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए। किसानों ने आरोप लगाया कि कार्यालय के कर्मचारी उनकी शिकायतों को गंभीरता से नहीं लेते, जिसके कारण उन्हें बार-बार कार्यालय के चक्कर लगाने पड़ते हैं। उन्होंने फार्मर आईडी बनाने, जमाबंदी परिमार्जन और अन्य राजस्व संबंधी कार्यों में आ रही दिक्कतों का विशेष रूप से उल्लेख किया। किसानों का कहना था कि आवश्यक दस्तावेज पूरे होने के बावजूद कर्मचारियों की लापरवाही से उनके काम लंबित रहते हैं। अधिकारियों की अनुपस्थिति भी किसानों के लिए परेशानी का कारण बनती है। विधायक राहुल कुमार ने इस पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि लापरवाह अधिकारियों और कर्मचारियों की पहचान कर उनके खिलाफ उचित कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि किसानों की समस्याओं के प्रति किसी भी प्रकार की लापरवाही स्वीकार्य नहीं होगी। विधायक ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि किसानों की समस्याओं का त्वरित समाधान सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने फार्मर आईडी बनाने की प्रक्रिया को सरल, पारदर्शी और समयबद्ध बनाने पर जोर दिया, ताकि किसानों को अनावश्यक परेशानी का सामना न करना पड़े।
छ्त्तीसगढ़ में दंतेवाड़ा जिला कांग्रेस कमेटी ने भाजपा नेताओं पर सरकार और सत्ता का पावर दिखाकर व्यापारी के साथ मारपीट और गुंडागर्दी करने का आरोप लगाया है। जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष सलीम रजा उस्मानी ने कहा कि, BJP जिला अध्यक्ष संतोष गुप्ता ने व्यापारी चांडकमल सोनी को घर बुलाकर पीटा। वहीं दूसरे भाजपा नेता मनीष सुराना ने अपने साथियों के साथ मिलकर दूसरे सर्राफा व्यापारी डूंगर मल सोनी से गीदम पुलिस थाने में मारपीट करने की कोशिश की। थाने में पुलिस के सामने ही उन्हें गाली-गलौज कर धमकियां दीं। कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा कि, इन दोनों मामलों को लेकर पीड़ित व्यापारियों ने FIR भी दर्ज करवाई है। दरअसल, जिला कांग्रेस कमेटी ने आज गीदम में प्रेस वार्ता आयोजित की थी। प्रेस वार्ता में सलीम रजा उस्मानी ने कहा कि, भाजपा की सरकार में हर जगह गुंडागर्दी चल रही है। दंतेवाड़ा में भाजपा के जिला अध्यक्ष पर सत्ता का नशा सिर चढ़कर बोल रहा है। बुजुर्ग व्यापारी के साथ मारपीट किए जाने की कांग्रेस निंदा करती है। हमारी मांग है कि पुलिस इस मामले में कड़ी से कड़ी कार्रवाई करे। सरकार सुशासन का दावा करती है। लेकिन इस सरकार में हर जगह कुशासन है। जब से भाजपा की सरकार आई है क्राइम का ग्राफ तेजी से बढ़ रहा है। लॉ एंड ऑर्डर पूरी तरह से खत्म हो गया है। जिसका प्रमाण गीदम में 2 भाजपा नेता सत्ता का पावर दिखाकर व्यापारियों के साथ गुंडागर्दी कर रहे हैं। महिला कांग्रेस की राष्ट्रीय सचिव तूलिका कर्मा का आरोप है कि, दंतेवाड़ा विधायक चैतराम अटामी के संरक्षण में भाजपा के नेता खुलेआम गुंडागर्दी कर रहे हैं। इनकी सत्ता में व्यापारी इन्हीं के लोगों से सुरक्षित नहीं हैं। इस विरोध में कांग्रेस कमेटी 16 जनवरी को भाजपा जिला अध्यक्ष संतोष गुप्ता का पुतला दहन करेगी। MLA बोले- आरोप बेबुनियाद कांग्रेस के इन आरोपों को दंतेवाड़ा विधानसभा के MLA चैतराम अटामी (BJP) ने बेबुनियाद बताया है। उन्होंने कहा कि, कांग्रेस सिर्फ अलगर्न तरह की राजनीति कर रही है। 2 लोगों के व्यक्तिगत मामले को लेकर पूरी भाजपा पार्टी पर आरोप लगाना ये गलत है। उन्होंने कहा कि, भाजपा हमेशा से आम जनता के हित के बारे में सोचती है। हमारी सुशासन की सरकार है। कांग्रेस का आरोप है कि मेरे संरक्षण में गुंडागर्दी हो रही है, इन आरोपों को मैं खारिज करता हूं। संतोष गुप्ता ने आरोपों को बताया गलत पूर्व में भाजपा जिला अध्यक्ष संतोष गुप्ता ने अपना बयान देते हुए मारपीट के आरोपों को गलत बताया था। उन्होंने कहा था कि मुझपर लगे ये सारे आरोप गलत हैं। चांडकमल सोनी खुद मेरे घर आए थे। मैं पूजा करने जा रहा था। मैं उन्हें घर में बड़े आदर के साथ बिठाया। इसी बीच उन्होंने मेरे घर में ही मुझे गालियां दीं। मुझे धक्का मारा। उन्होंने मुझे जिला अध्यक्ष पद से हटवाने की बहुत धमकी दिए थे। मैं होटल के लिए हॉल किराए पर लिया हूं। यहां पार्किंग की भी समस्या है। इन्होंने होटल के पीछे पार्किंग बना रखी है। जब मैं कहता था कि गाड़ियों को पीछे खड़े करवाया करो तो वो मुझसे बहस करते थे। वहीं रेस्टोरेंट के लिए मैंने 20 हजार रुपए किराए पर लिया था। लेकिन पहले महीने में मुझे 22 हजार रुपए किराया देने को कहा था।ऊपर और नीचे दोनों दुकान और हॉल मिलाकर मुझे 42 हजार रुपए देने को कहा था। हालांकि, बाद में कुछ दूसरा तय हुआ। भाजपा कोषाध्यक्ष बोले- कांग्रेस आरोप को सिद्द करे भाजपा जिला बॉडी के कोषाध्यक्ष और BJP नेता मनीष सुराना ने कहा कि थाने में घुसकर व्यापारी के साथ गाली गलौज और मारपीट की कोशिश करने का मुझपर जो आरोप लगा है ये गलत है। मैं मेरे पारिवारिक मामले में पुलिस थाना गया था। हमारी निजी बातों को कुछ लोग फोन में रिकॉर्ड कर रहे थे। जिसका मैंने विरोध किया और थाना प्रभारी के सामने अपनी बात रखी थी। कांग्रेस मुझपर गुंडागर्दी करने जो आरोप लगा रही है उसे सिद्द करे। सर्राफा व्यापारियों ने SP को दिया ज्ञापन सर्राफा व्यापारी संघ ने इन दोनों मामलों को लेकर 15 जनवरी को दंतेवाड़ा SP गौरव राय से लीक है। उनसे सख्त कार्रवाई की मांग की गई है।
नकली पनीर की आशंका में 300 किलो पनीर जब्त:1 हजार लीटर पामोलीन तेल भी मिला; रजिस्ट्रेशन भी वैध नहीं
खाद्य और औषधि प्रशासन विभाग ने गुरुवार को एक स्थान पर छापा मारा और वहां से 300 किलो पनीर और 1 हजार लीटर पामोलीन तेल जब्त किया है। आशंका है कि पनीर नकली है जिसकी जांच की जा रही है। यह कार्रवाई मूसाखेड़ी चौराहा स्थित मां कृपा डेयरी पर की गई। टीम को यहां पनीर, मिक्स मिल्क,मिल्क केक, घी और फ्रायोलिन पामोलिन तेल के सैंपल लिए हैं। इसके साथ ही 1 लाख रु. कीमत का पनीर और 64 टिन पामोलीन (1 हजार किलो) जब्त किया है। इसकी कीमत 2 लाख रुपए है। मौके पर इसका रजिस्ट्रेशन वैध नहीं मिला जिस पर आगामी आदेश तक के लिए यूनिट को बंद किया गया है। कलेक्टर शिवम वर्मा ने बताया कि नागरिकों को शुद्ध और सुरक्षित खाद्य सामग्री उपलब्ध कराना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है। सभी नमूनों को विस्तृत जांच के लिए राज्य खाद्य परीक्षण प्रयोगशाला भोपाल की ओर भेजा जा रहा है, जिनकी रिपोर्ट मिलने के बाद वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।
बलौदाबाजार जिले की स्वास्थ्य सेवाओं ने कायाकल्प–स्वच्छ अस्पताल योजना 2024-25 के मूल्यांकन में बेहतर प्रदर्शन किया है। जिला अस्पताल ने 94 प्रतिशत अंक प्राप्त कर पूरे प्रदेश में दूसरा स्थान हासिल किया है। इस योजना के तहत जिले के 89 अन्य स्वास्थ्य केंद्रों को भी पुरस्कार के लिए चुना गया है। यह चयन स्वच्छता, साफ-सफाई और बेहतर स्वास्थ्य सेवाओं के लिए किए गए कार्यों के आधार पर किया गया है। कायाकल्प योजना के अंतर्गत उन्हीं स्वास्थ्य संस्थानों को पुरस्कार दिया जाता है, जिन्होंने मूल्यांकन में 70 प्रतिशत से अधिक अंक प्राप्त किए हो। जिला अस्पताल बलौदाबाजार ने 94 प्रतिशत अंक हासिल किए, जबकि 94.9 प्रतिशत अंकों के साथ जिला अस्पताल सूरजपुर पहले स्थान पर रहा। जिले के सिमगा, सुहेला, पलारी और लवन सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों ने भी अच्छा प्रदर्शन करते हुए इस योजना के तहत पुरस्कार प्राप्त किया है। प्राथमिक और उप स्वास्थ्य केंद्रों ने भी बढ़ाया मान प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र श्रेणी में कटगी ने 99.7 प्रतिशत अंक हासिल कर जिले में पहला स्थान पाया। उप स्वास्थ्य केंद्र श्रेणी में झीपन-एन ने 97.5 प्रतिशत अंक के साथ पहला स्थान प्राप्त किया, जबकि सेल और ठेलकी क्रमशः दूसरे और तीसरे स्थान पर रहे। शहरी स्वास्थ्य केंद्र भी सम्मानित शहरी स्वास्थ्य केंद्र श्रेणी में भाटापारा के मेहता नगर स्वास्थ्य केंद्र को भी स्वच्छता और बेहतर सेवाओं के लिए पुरस्कृत किया गया है। इस सफलता पर कलेक्टर दीपक सोनी ने सभी स्वास्थ्य अधिकारियों और कर्मचारियों को बधाई दी। उन्होंने आगे भी आम जनता को बेहतर, सुलभ और गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं देने के निर्देश दिए हैं। क्या है कायाकल्प योजना सीएमएचओ डॉ. राजेश अवस्थी ने बताया कि कायाकल्प योजना भारत सरकार की एक महत्वपूर्ण योजना है। इसका उद्देश्य सरकारी अस्पतालों और स्वास्थ्य केंद्रों में सफाई, स्वच्छता और संक्रमण नियंत्रण को बेहतर बनाना है। इस योजना के माध्यम से अस्पतालों को मरीजों के लिए अधिक सुरक्षित और सुविधाजनक बनाया जाता है। जिले के 90 स्वास्थ्य केंद्रों का पुरस्कृत होना स्वच्छता और बेहतर स्वास्थ्य सेवाओं की दिशा में एक सराहनीय उपलब्धि है। बलौदाबाजार जिले की स्वास्थ्य सेवाओं ने 'कायाकल्प-स्वच्छ अस्पताल योजना 2024-25' के मूल्यांकन में उत्कृष्ट प्रदर्शन किया है। जिला अस्पताल बलौदाबाजार ने 94 प्रतिशत अंक प्राप्त कर पूरे प्रदेश में दूसरा स्थान हासिल किया है। इसके अतिरिक्त, जिले के 89 अन्य स्वास्थ्य केंद्रों को भी इस योजना के तहत पुरस्कार के लिए चुना गया है, जो स्वच्छता और स्वास्थ्य सेवाओं के प्रति जिले की प्रतिबद्धता को दर्शाता है। यह पुरस्कार उन स्वास्थ्य संस्थानों को प्रदान किया जाता है जिन्होंने कठोर मूल्यांकन में 70 प्रतिशत से अधिक अंक प्राप्त किए हैं। जिला अस्पताल बलौदाबाजार ने 94 प्रतिशत अंक अर्जित किए, जबकि प्रथम स्थान 94.9 प्रतिशत अंकों के साथ जिला अस्पताल सूरजपुर के पास रहा। जिले के चार सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र – सिमगा, सुहेला, पलारी और लवन – भी इस योजना के तहत पुरस्कृत हुए हैं। प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र श्रेणी में कटगी ने 99.7 प्रतिशत अंकों के साथ जिले में पहला स्थान प्राप्त किया। उप स्वास्थ्य केंद्र श्रेणी में झीपन-एन 97.5 प्रतिशत अंकों के साथ प्रथम रहा, जबकि सेल और ठेलकी क्रमशः दूसरे और तीसरे स्थान पर रहे। शहरी स्वास्थ्य केंद्र श्रेणी में भाटापारा के मेहता नगर केंद्र को भी पुरस्कृत किया गया है। जिले की इस उपलब्धि पर कलेक्टर दीपक सोनी ने सभी संबंधित स्वास्थ्य कर्मियों और अधिकारियों को बधाई दी। उन्होंने आम जनता को सुलभ और गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सुविधाएं प्रदान करने के लिए आगे भी बेहतर कार्य करने के निर्देश दिए हैं। जिला मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. राजेश अवस्थी ने बताया कि 'कायाकल्प योजना' भारत सरकार की एक महत्वपूर्ण पहल है। इसका उद्देश्य सार्वजनिक स्वास्थ्य संस्थाओं में स्वच्छता, सफाई और संक्रमण नियंत्रण के उच्च मानक स्थापित करना है। यह योजना संस्थाओं के आंतरिक मूल्यांकन के माध्यम से उन्हें लगातार सुधार के लिए प्रोत्साहित करती है, जिसका मुख्य लक्ष्य अस्पतालों को रोगी-अनुकूल बनाना और स्वच्छता को एक स्थाई प्रथा के रूप में स्थापित करना है। जिले के 90 स्वास्थ्य केंद्रों का पुरस्कृत होना इस दिशा में एक सराहनीय कदम माना जा रहा है।
बिहार सरकार की ओर से 15 हजार होमगार्ड जवानों की बहाली के तहत चयनित गोपालगंज के 147 होमगार्ड जवानों का 120 दिवसीय बुनियादी प्रशिक्षण पूरा हो गया है। इसके बाद सोमवार को सिमरी ग्राउंड में भव्य पासिंग आउट परेड का आयोजन किया गया। परेड समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में जिलाधिकारी कौशल कुमार और वरीय पुलिस अधीक्षक जगुनाथ रेड्डी जलारेड्डी उपस्थित रहे। कार्यक्रम में आगमन पर होमगार्ड दरभंगा के जिला समादेष्टा मो फैज आलम ने अतिथियों का स्वागत किया। मुख्य अतिथियों ने प्रशिक्षित जवानों की परेड का निरीक्षण किया और आकर्षक ड्रिल को सलामी दी। लोग तालियां बजाते नजर आए जवानों के अनुशासन, शारीरिक क्षमता और उत्कृष्ट ड्रिल को देखकर मैदान में मौजूद लोग तालियां बजाते नजर आए। प्रशिक्षण के दौरान उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले जवानों को रैंकिंग के आधार पर पुरस्कृत भी किया गया। 120 दिनों के इस विशेष प्रशिक्षण के दौरान जवानों को मॉडर्न हथियारों के संचालन, देश के प्रमुख कानूनों की जानकारी, दंगा नियंत्रण, भीड़ प्रबंधन, आपदा प्रबंधन और फील्ड में काम करने की विशेष तकनीकों का गहन अभ्यास कराया गया। कमांडो शैली में प्रशिक्षण देकर एक विशेष कमांडो टुकड़ी भी तैयार की गई है, ताकि आपात स्थितियों में तुरंत और प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित की जा सके। जिलाधिकारी कौशल कुमार ने कहा कि साल 2025 में 15 हजार होमगार्ड की बहाली हुई थी, जिसमें से 147 चयनित जवानों का प्रशिक्षण दरभंगा जिले में कराया गया। आज सभी जवानों का 120 दिनों का बुनियादी प्रशिक्षण सफलतापूर्वक पूरा हो गया है। उन्होंने कहा कि जवानों को उम्दा प्रशिक्षण मिला है और अब वे अपने-अपने जिले में जाकर बेहतर ढंग से दायित्व निभाएंगे। जिलाधिकारी ने प्रशिक्षणार्थी जवानों और उनके परिजनों को शुभकामनाएं दीं। प्रशिक्षण के दौरान कड़ी मेहनत की एसएसपी जगुनाथ रेड्डी ने कहा कि जवानों के प्रदर्शन से स्पष्ट है कि उन्होंने प्रशिक्षण के दौरान कड़ी मेहनत की है। प्रशिक्षकों और जिला होमगार्ड समादेष्टा के प्रयासों का यह सकारात्मक परिणाम है। उन्होंने बताया कि प्रशिक्षण में कानून व्यवस्था, यातायात, हथियार संचालन, लाठी ड्रिल, दंगा नियंत्रण सहित पुलिस विभाग से जुड़े सभी आवश्यक विषयों की जानकारी दी गई है। उन्होंने आशा जताई कि ये जवान गोपालगंज में बेहतर सेवा देंगे और उनका भविष्य उज्ज्वल रहेगा। जिला समादेष्टा मो फैज आलम ने बताया कि गोपालगंज के नामांकित गृह रक्षकों का प्रशिक्षण डीजी होमगार्ड शोभा आहोतकर के नेतृत्व और मार्गदर्शन में संपन्न कराया गया। अस्थायी प्रशिक्षण केंद्र में आर्मी से प्रशिक्षित सूबेदारों के माध्यम से यह प्रशिक्षण कराया गया। उन्होंने कहा कि प्रशिक्षण के दौरान भारत के महत्वपूर्ण कानूनों, आपदा के समय निपटने की कार्ययोजना और कमांडो शैली के विशेष प्रशिक्षण पर जोर दिया गया, ताकि होमगार्ड जवान भविष्य में राज्य के महत्वपूर्ण काम में प्रभावी भूमिका निभा सकें।
पंचकूला पुलिस ने अपहरण और जबरन वसूली मामले में तीन अन्य आरोपियों को गिरफ्तार किया है। इस मामले में अब तक कुल चार आरोपियों की गिरफ्तारी हो चुकी है, जबकि एक आरोपी की गिरफ्तारी अभी शेष है। पुलिस ने वारदात में प्रयुक्त स्कॉर्पियो कार भी बरामद कर ली है। डीसीपी पंचकूला सृष्टि गुप्ता ने बताया कि 3 दिसंबर को लुधियाना निवासी युवक ने बताया कि उसका साला संदीप, जो मनसा देवी थाना क्षेत्र में रहता है और सेक्टर-9 पंचकूला में नौकरी करता है, 2 दिसंबर से लापता है। जांच के दौरान पुलिस को पता चला कि आरोपियों ने संदीप से ऑनलाइन एप के जरिए दोस्ती की और फिर मनसा देवी थाना क्षेत्र में स्कॉर्पियों कार में अपहरण कर उसके साथ मारपीट की और उससे सवा लाख रुपए तथा सोने-चांदी की अंगूठी छीन ली। अपहरण करके हरिद्वार ले गए पीड़ित के बैंक खातों की जांच करने पर लेन-देन की पुष्टि भी हुई। आरोपी संदीप को हरिद्वार ले गए थे, जहां 4 दिसंबर को हरिद्वार पुलिस ने पीड़ित को बरामद कर पंचकूला पुलिस को सूचना दी। इसके बाद थाना मनसा देवी के प्रभारी निरीक्षक मुनीष कुमार के नेतृत्व में जांच अधिकारी सब-इंस्पेक्टर सुखविंद्र सिंह हरिद्वार पहुंचे और पीड़ित को पंचकूला लाकर उससे पूछताछ की। मेडिकल परीक्षण के उपरांत भारतीय न्याय संहिता की धाराएं 140(3), 351(3), 308(2), 191(3) व 190 के तहत जांच आगे बढ़ाई गई। अपहरण केस में जेल में थे आरोपी 15 जनवरी 2026 को आरोपी अजय, दीपेश उर्फ दीपू और आशीष उर्फ गोलू, निवासी जिला चरखी दादरी (हरियाणा) तथा अनिल पुत्र राजपाल निवासी चरखी दादरी को पंचकूला पुलिस द्वारा प्रोडक्शन वारंट पर लाकर पूछताछ की गई। ये आरोपी वहां पहले से दर्ज एक अन्य किडनैपिंग के मामले में गिरफ्तार थे। जांच में पाया गया कि आरोपी अनिल की इस मामले में कोई संलिप्तता नहीं है, जिसके चलते उसे गुरुग्राम पुलिस के हवाले कर दिया गया। शेष तीन आरोपियों अजय, दीपेश उर्फ दीपू और आशीष उर्फ गोलू को कोर्ट से अनुमति प्राप्त कर पूछताछ की गई और गिरफ्तार किया गया।
सुपौल में भारत-नेपाल अंतरराष्ट्रीय सीमा पर तैनात सशस्त्र सीमा बल(SSB) ने मादक पदार्थ तस्करी के खिलाफ बड़ी सफलता हासिल की है। 45वीं वाहिनी की डी-कंपनी, सीमा चौकी कुनौली की टीम ने गुरुवार को गश्ती के दौरान 54.8 किलोग्राम गांजा बरामद किया है। जब्त गांजे की अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमत करीब 21.92 लाख रुपए आंकी गई है। खुफिया सूचना पर की गई कार्रवाई एसएसबी की इस कार्रवाई को खुफिया सूचना के आधार पर अंजाम दिया गया। 45वीं वाहिनी के कमांडेंट गौरव सिंह ने बताया कि सूचना मिली थी कि धारहरा-पलार क्षेत्र में भारत-नेपाल सीमा के पास मादक पदार्थ छिपाकर रखा गया है। सूचना के सत्यापन के बाद सहायक कमांडेंट जितेंद्र कुमार के निर्देशन में विशेष गश्ती दल का गठन किया गया। 300 मीटर अंदर भारतीय क्षेत्र से बरामद हुआ गांजा गश्ती दल ने सीमा स्तंभ संख्या 219/30 के पास भारत–नेपाल सीमा से करीब 300 मीटर भारतीय क्षेत्र के भीतर पेट्रोलिंग शुरू की। इस दौरान संदिग्ध गतिविधि नजर आने पर इलाके की तलाशी ली गई। तलाशी के दौरान झाड़ियों में छिपाकर रखे गए गांजा (मारिजुआना) से भरे दो बोरे बरामद किए गए। दो बोरों से मिला 54.800 किलो गांजा जांच में बरामद गांजे का कुल वजन 54.800 किलोग्राम पाया गया। प्रारंभिक जांच में आशंका जताई जा रही है कि गांजा नेपाल से भारत लाया गया था और इसे आगे अन्य राज्यों में खपाने की योजना थी। हालांकि कार्रवाई के दौरान कोई तस्कर मौके से पकड़ा नहीं जा सका। गश्ती दल में छह जवान रहे शामिल इस जब्ती अभियान में सहायक उप निरीक्षक (जीडी) नीरज सिंह सहित कुल छह बलकर्मियों की सक्रिय भूमिका रही। सभी जवानों ने सतर्कता और मुस्तैदी के साथ कार्रवाई को अंजाम दिया। बरामदगी के बाद सीमावर्ती इलाके में निगरानी और तलाशी अभियान और तेज कर दिया गया है। थाना कुनौली को सौंपा जाएगा गांजा एसएसबी अधिकारियों ने बताया कि आवश्यक कागजी प्रक्रिया पूरी करने के बाद जब्त किए गए मादक पदार्थ को विधिसम्मत कार्रवाई के लिए थाना कुनौली को सुपुर्द किया जाएगा। इस कार्रवाई को सीमावर्ती क्षेत्र में मादक पदार्थ तस्करी पर प्रभावी रोक लगाने की दिशा में अहम कदम माना जा रहा है।
कला, संस्कृति एवं युवा विभाग, बिहार सरकार और जिला प्रशासन औरंगाबाद के संयुक्त देखरेख में आज नबीनगर प्रखंड अंतर्गत ग्राम बड़ेम स्थित सूर्य राघव मंदिर परिसर में सोननद महोत्सव-2026 का भव्य आयोजन किया गया। मकर संक्रांति के पावन अवसर पर आयोजित इस महोत्सव में लोकसंस्कृति, आस्था, सामाजिक समरसता और पर्यावरण संरक्षण का सुंदर समन्वय देखने को मिला। महोत्सव का उद्घाटन विधायक, कुटुंबा ललन राम और विधायक, रफीगंज प्रमोद कुमार सिंह की ओर से संयुक्त रूप से किया गया। कार्यक्रम की शुरुआत बिहार गीत के सामूहिक गायन से हुई। अपर समाहर्ता जयप्रकाश नारायण की ओक से विधायक और अन्य विशिष्ट अतिथियों को पौधा, शाल और सोननद का प्रतीक चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया गया। कार्यक्रम स्थल पर विभिन्न विद्यालयों की छात्राओं ने स्वागत गान प्रस्तुत कर अतिथियों का अभिनंदन किया। भारतीय संस्कृति में प्रकृति पूजा की है परंपरा उद्घाटन सत्र को संबोधित करते हुए रफीगंज विधायक प्रमोद कुमार सिंह ने कहा कि सोननद महोत्सव औरंगाबाद के लिए गौरव का विषय है। औरंगाबाद को भगवान सूर्य की नगरी बताते हुए उन्होंने कहा कि यहां सूर्य उपासना और मकर संक्रांति से जुड़े उत्सवों की समृद्ध परंपरा रही है। सोन नदी क्षेत्र की संस्कृति, कृषि एवं जीवन व्यवस्था की आधार शिला है। उन्होंने युवाओं से अपनी सांस्कृतिक विरासत से जुड़ने और नदियों की स्वच्छता व संरक्षण में सक्रिय भूमिका निभाने का आह्वान किया। कुटुंबा विधायक ललन राम ने सोन नदी को जीवनदायिनी बताते हुए कहा कि भारतीय संस्कृति में प्रकृति की पूजा इसलिए की जाती है, क्योंकि मानव जीवन प्रकृति पर निर्भर है। सदर अनुमंडल पदाधिकारी संतन कुमार सिंह ने अपने संबोधन में कहा कि सोननद महोत्सव सोन नदी के तट पर मकर संक्रांति के अवसर पर आयोजित एक महत्वपूर्ण सांस्कृतिक आयोजन है, जिसका उद्देश्य लोकसंस्कृति, आस्था व सामाजिक समरसता को सुदृढ़ करना है।
शिवपुरी जिले के पिछोर में स्वर्गीय ठाकुर धीरज सिंह की पुण्य स्मृति में आयोजित कमलेश्वर अखिल भारतीय बुंदेलखंड केसरी कुश्ती दंगल का समापन हो गया। इस दंगल में इंदौर के पहलवान राम यादव ने बुंदेलखंड केसरी का खिताब अपने नाम किया। कमलेश्वर मेला प्रांगण में हुए इस आयोजन में देशभर के पहलवानों ने हिस्सा लिया। कार्यक्रम समिति के सदस्य साकेत पुरोहित ने बताया कि 86 किलोग्राम ओपन वर्ग के फाइनल मुकाबले में इंदौर के राम यादव ने ग्वालियर के फराज़ हुसैन को हराकर खिताब जीता। इस वर्ग में फराज़ हुसैन (ग्वालियर) दूसरे स्थान पर रहे, जबकि सतेन्द्र (बबीना) को तीसरा और सैतान (ग्वालियर) को चौथा स्थान मिला। 74 किग्रा में सतेन्द्र प्रथम74 किलोग्राम (कमलेश्वर बुंदेलखंड कुमार) वर्ग में बबीना के सतेन्द्र ने प्रथम स्थान प्राप्त किया। दमोह के सौरभ दूसरे, बबीना के राजदीप तीसरे और धुआई के जयभगवान चौथे स्थान पर रहे। अन्य वर्गों के परिणाम भी घोषित किए गए। 65 किलोग्राम वर्ग में मुरैना के रामानुज ने पहला स्थान हासिल किया। 61 किलोग्राम वर्ग में सागर के गगन और 57 किलोग्राम वर्ग में ग्वालियर के शिवम विजेता रहे। दंगल में अर्जुन खांडेल (इंदौर) ने रेफरी की भूमिका निभाई, जबकि अवध प्रताप सिंह चौहान टाइम कीपर रहे। आयोजन की व्यवस्थाएं राजाजी चौहान, मनु राजा, रवि राजा चौहान, साकेत पुरोहित, महेंद्र चौहान, सतीश महाराज, शिवप्रताप सिंह चौहान और बल्ली लोधी ने संभालीं। समापन अवसर पर विजेता एवं उपविजेता पहलवानों को नगद पुरस्कार और मेडल देकर सम्मानित किया गया। इस दौरान वरिष्ठ पत्रकार एवं समाजसेवी ब्रजेश सिंह तोमर, अमोल लोधी, महेंद्र लोधी, अरविंद लोधी, कविता विकास पाठक, सतेन्द्र साहू सहित कई जनप्रतिनिधि और गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे। कार्यक्रम के संरक्षक पूर्व मंत्री एवं विधायक पिछोर के.पी. सिंह काक्काजू थे। इस आयोजन ने पारंपरिक भारतीय कुश्ती संस्कृति को बढ़ावा दिया और युवाओं को खेल के प्रति प्रेरित किया। यह क्षेत्र के खेल प्रेमियों के लिए एक यादगार अनुभव साबित हुआ।
लुधियाना के जगराओं के सिधवां बेट क्षेत्र में नहर किनारे झाड़ियों से एक युवक का संदिग्ध शव बरामद हुआ है। मृतक की पहचान गांव शेरेवाल निवासी जसवीर सिंह के रूप में हुई है। प्राथमिक जांच और परिजनों के आरोपों के अनुसार, जसवीर की मौत अत्यधिक नशीली वस्तु के सेवन के कारण हुई है। पुलिस ने इस मामले में एक महिला तस्कर और उसके साथी के खिलाफ गैर-इरादतन हत्या का मामला दर्ज किया है। माघी मेले की सेवा के बीच आई मौत की खबर मृतक के चचेरे भाई परमजीत सिंह ने बताया कि वह माघी मेले के उपलक्ष्य में धार्मिक स्थल पर सेवा कर रहे थे, तभी उन्हें फोन पर जसवीर के नहर किनारे बेसुध पड़े होने की सूचना मिली। जब वे मौके पर पहुंचे तो जसवीर की मौत हो चुकी थी। परिजनों का आरोप है कि गांव का ही हरप्रीत सिंह उर्फ मनी, जसवीर को अपने साथ लेकर गया था और उसे महिला तस्कर के पास से नशा लाकर दिया था। पति जेल में, पत्नी चला रही 'मौत का कारोबार' इस मामले में सबसे चौंकाने वाला खुलासा आरोपी महिला कुलविंदर कौर उर्फ गोगा को लेकर हुआ है कुलविंदर के पति जसवीर उर्फ रोली को पुलिस ने महज कुछ दिन पहले (9 जनवरी) को 11 ग्राम हेरोइन के साथ जेल भेजा थाष पति के जेल जाने के बाद कुलविंदर कौर ने पुलिस की नाक के नीचे नशा बेचना जारी रखा। आरोप है कि उसी के घर से लिए गए नशे ने जसवीर सिंह की जान ले ली। पुलिस की कार्रवाई और फरार आरोपी चौकी गिद्दड़विड्डी के इंचार्ज राजविंदरपाल सिंह के अनुसार पुलिस ने कुलविंदर कौर और हरप्रीत सिंह के खिलाफ गैर-इरादतन हत्या की धाराओं के तहत मामला दर्ज किया है। तीन डॉक्टरों की निगरानी में पोस्टमार्टम करवाकर शव परिजनों को सौंप दिया गया है। विसरा रिपोर्ट के बाद मौत के सही कारणों की पुष्टि होगी। फिलहाल दोनों आरोपी फरार हैं, जिनकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस की टीमें लगातार छापेमारी कर रही हैं।
जोधपुर नगर निगम ने आज पाल रोड पर अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई की। पाल रोड पर मंगल टावर के सामने सर्विस रोड पर अवैध रूप से कब्जा कर झुग्गी झोपड़ी लगाकर बैठे लोगों को अतिक्रमण निरोधक दस्ते ने हटाया। यह कार्रवाई अवैध कब्जे हटाने के लिए की गई। हटाने के दौरान हुए मलबे को भी मौके पर डंपर में भरवाया गया। अतिक्रमण निरोधक दस्ते ने तीन लोडर जेसीबी और चार डम्पर के माध्यम से लगभग 50-60 झुग्गी झोपड़ियों को हटाया। कार्रवाई के दौरान चौपसनी हाउसिंग बोर्ड थानाधिकारी ईश्वरचंद्र पारीक एवं 50 पुलिस सिपाही, जिनमें 30 पुरुष और 20 महिला, कानून एवं शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए मौके पर मौजूद रहे। दो गाड़ियां अग्निशमन की मौके पर मौजूद रही। डिस्कॉम के द्वारा उक्त कार्यवाही होने तक बिजली बंद की गई। अतिक्रमण निरोधक दस्ते ने सर्विस रोड पर पड़ी बजरी एवं कंकरी को हटाया। मंगल टावर के पास सर्विस रोड पर जय जगदम्बा ट्रेडर्स कबाड़ी द्वारा रोड सीमा में कबाड़ का सामान रखकर किए गए अतिक्रमण को हटाया गया। एक गाड़ी सामान जब्त किया गया और गंदगी फैलाने के लिए मौके पर चालान काटा गया। इस सर्विस रोड पर दो सरस बूथ लगे हैं जो सरस एवं निगम की दी गई शर्तों का उल्लंघन कर रहे हैं। इन्हें मौके पर उपायुक्त द्वारा हटाने एवं रजिस्ट्रेशन अनुमति निरस्त करने के लिए निर्देश दिए गए। यह कार्रवाई उपायुक्त ताराचंद वेंकेट एवं मनोज सोलंकी के निर्देशानुसार सतर्कता शाखा मुख्यालय सह प्रभारी रजनीश बारासा के नेतृत्व में की गई। इसमें जोन सहायक प्रभारी विक्रम पंडित, गणेश घारु और महेन्द्र चौधरी शामिल रहे।
बेतिया में एक महिला पर तेजाब फेंककर उसे झुलसा देने के मामले में अपर जिला सत्र न्यायाधीश पंचम विमलेन्दु कुमार ने अभियुक्त कासिम मियां को दोषी करार दिया है। कोर्ट ने उसे भारतीय दंड संहिता (भादवि) की धारा 326(बी) के तहत पांच वर्ष के कठोर कारावास और 25 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है। न्यायाधीश ने कासिम मियां को भादवि की धारा 452 में भी दोषी पाया। इस धारा के तहत उसे तीन वर्ष के कठोर कारावास और पांच हजार रुपये जुर्माने की सजा दी गई है। दोषी कासिम मियां शिकारपुर थाना क्षेत्र के बरगजवा का निवासी है। अपर लोक अभियोजक दीपक कुमार सिंह ने बताया कि यह घटना 19 मई 2022 की देर रात हुई थी। पीड़िता प्रभा कुंवर (काल्पनिक नाम) अपने झोपड़ीनुमा घर में सो रही थी। पुलिस ने घायल महिला के बयान के आधार पर दर्ज किया था मामला तभी कासिम मियां चोरी-छिपे घर में घुस गया और महिला पर तेजाब फेंक दिया, जिससे वह बुरी तरह झुलस गई। गंभीर रूप से घायल महिला को नरकटियागंज के सरकारी अस्पताल में इलाज के लिए भर्ती कराया गया। शिकारपुर थाने की पुलिस ने मौके पर पहुंचकर घायल महिला के बयान के आधार पर थाना कांड संख्या 415/22 दर्ज किया था। दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद न्यायाधीश ने यह फैसला सुनाया।

