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हाईकोर्ट बोला- बच्चों के पुनर्वास और शिक्षा की जिम्मेदारी उठाएं:कहा- कानून का मकसद बच्चों को दंड देकर समाज से अलग करना नहीं

इलाहाबाद हाई कोर्ट ने कहा है कि किशोर न्याय कानून का उद्देश्य बाल अपराधियों को केवल दंडित करना नहीं, बल्कि उनके पुनर्वास, विकास और समाज में पुनर्स्थापना को सुनिश्चित करना है। न्यायालय ने कहा- किशोर न्याय अधिनियम 2015 ने कठोर दंडात्मक व्यवस्था से हटकर पुनर्वासात्मक न्याय की अवधारणा को अपनाया है। किशोर न्याय बोर्ड और बाल न्यायालयों को बच्चों के पुनर्वास और पुनर्स्थापना की जिम्मेदारी निभानी होगी। कासगंज और जालौन का मामला कासगंज और जालौन निवासी दो बाल अपचारियों की आपराधिक अपील स्वीकार हुए न्यायमूर्ति अजय भनोट ने यह आदेश दिया। अधीनस्थ न्यायालय ने पाक्सो एक्ट में आरोपित दोनों ही आरोपितों की जमानत अर्जी अस्वीकृत कर दी थी। वह हाईकोर्ट से मिली अंतरिम जमानत पर हैं। कोर्ट ने क्या कहा जानिएकोर्ट ने कहा भारत ने 11 दिसंबर 1992 को संयुक्त राष्ट्र के बाल अधिकार संबंधी कन्वेंशन को स्वीकार किया था, जिसके बाद बच्चों के सर्वोत्तम हित को ध्यान में रखते हुए किशोर न्याय कानून में व्यापक प्रावधान किए गए। न्यायालय ने किशोर न्याय अधिनियम की धारा 3 के तहत बच्चे के सर्वोत्तम हित, सकारात्मक उपाय, संस्थागत देखभाल को अंतिम विकल्प और न्यायिक प्रक्रिया से अलग वैकल्पिक उपाय जैसे सिद्धांतों को महत्वपूर्ण बताया। कहा, ‘हर निर्णय में बच्चे के सर्वोत्तम हित को प्राथमिकता मिलनी चाहिए। उसकी क्षमताओं के पूर्ण विकास के लिए अनुकूल वातावरण उपलब्ध कराया जाना चाहिए। कानून का मकसद बच्चों को दंड देकर समाज से अलग करना नहीं, बल्कि उन्हें सशक्त बनाकर मुख्यधारा में वापस लाना है। किशोर न्याय बोर्ड और बाल न्यायालय बच्चे के संरक्षक की भूमिका में भी कार्य करते हैं।’ पीठ का कहना था कि किशोर न्याय बोर्ड को यह सुनिश्चित करना होगा कि बच्चे और उसके माता-पिता की प्रक्रिया के प्रत्येक चरण में सूचित भागीदारी हो। कोर्ट ने यह भी स्पष्ट किया कि बच्चे को रिहा किए जाने के बाद भी पुनर्वास और समाज में पुनर्स्थापना की प्रक्रिया समाप्त नहीं होती। किशोर न्याय बोर्ड को उसकी निगरानी और देखभाल जारी रखनी होगी। बच्चा केवल अपराध का आरोपित नहींकोर्ट ने कहा कि किशोर न्याय अधिनियम का पूरा ढांचा इस सोच पर आधारित है कि कानून से संघर्षरत बच्चा केवल अपराध का आरोपित नहीं है, बल्कि उसके विकास और भविष्य की भी चिंता की जानी चाहिए। अपीलकर्ता के जमानत के अधिकार को मनमाने शर्तों या जमानतदारों की अनावश्यक मांगों से बाधित नहीं किया जाना चाहिए। निर्णय की प्रतियां सभी बाल न्याय बोर्डों और बाल न्यायालयों को भेजे जाने का भी निर्देश कोर्ट ने दिया है। प्रकरण में राज्य सरकार की ओर से अपर महाधिवक्ता अनूप त्रिवेदी और एजीए प्रथम परितोष कुमार मालवीय ने पक्ष रखा। अदालत ने प्रकरण में सहयोग के लिए एमिकस क्यूरी (न्याय मित्र) विजेता सिंह की भी सराहना की।

दैनिक भास्कर 31 Aug 2026 11:25 pm

शिक्षा को केवल डिग्री तक सीमित नहीं रखा जा सकता : उपराष्ट्रपति राधाकृष्णन

उपराष्ट्रपति सी. पी. राधाकृष्णन सोमवार को कोच्चि में राजगिरी स्कूल ऑफ इंजीनियरिंग एंड टेक्नोलॉजी के रजत जयंती समारोह में शामिल हुए और ‘कॉनफ्लुएंस 3.0’ का उद्घाटन किया...

खास खबर 31 Aug 2026 9:49 pm

नए शैक्षणिक बदलावों को स्कूलों तक पहुंचाने में शिक्षा परिषदों की अहम भूमिका : प्रिती पाटील

वाळवे खुर्द में बिद्री केंद्र की दूसरी शिक्षा परिषद आयोजित हुई। प्रिती पाटील ने नए शैक्षणिक बदलावों के प्रभावी क्रियान्वयन पर जोर दिया।

प्रातःकाल 31 Aug 2026 8:29 pm

वाह रे शिक्षा व्यवस्था: कुरुद में चौथे सेमेस्टर के छात्राें को पढ़ाया छठे सेमेस्टर का विषय, बिना परीक्षा दिए फेल हो गए विद्यार्थी

पंडित रविशंकर शुक्ल विश्वविद्यालय से संबद्ध कुरुद शासकीय महाविद्यालय की लापरवाही के कारण बीए चतुर्थ सेमेस्टर के छात्रों को छठवें सेमेस्टर का पाठ्यक्रम पढ़ाया गया। परीक्षा के दिन पेपर न मिलने पर छात्रों को लौटा दिया गया, लेकिन परिणाम में उन्हें अनुपस्थित दर्शा दिया गया। छात्र न्याय के लिए विश्वविद्यालय के चक्कर काट रहे हैं और कुलसचिव ने समीक्षा का आश्वासन दिया है।

दैनिक जागरण 31 Aug 2026 8:07 pm

स्कूल छूटा तो नहीं रुकेगी पढ़ाई! MP की हर पंचायत में खुलेगा ‘शिक्षा घर’, ड्रॉपआउट बच्चों को ऑनलाइन पढ़ाएगा ओपन बोर्ड

मध्य प्रदेश में स्कूल छोड़ चुके बच्चों को शिक्षा से जोड़ने के लिए 'शिक्षा घर' पहल शुरू की जा रही है। यह योजना राज्य मुक्त विद्यालय शिक्षा बोर्ड द्वारा हर ग्राम पंचायत में ऑनलाइन पढ़ाई के माध्यम से संचालित होगी, जिसकी शुरुआत बड़वानी और नर्मदापुरम से हो रही है।

जागरण 31 Aug 2026 7:27 pm

शिक्षक दिवस पर 61 शिक्षकों को मिलेगा राज्य पुरस्कार, बेसिक शिक्षा विभाग ने जारी की सूची

शिक्षक दिवस पर 61 शिक्षकों को मिलेगा राज्य पुरस्कार, बेसिक शिक्षा विभाग ने जारी की सूची

समाचार नामा 31 Aug 2026 7:00 pm

पेपर लीक पर मुकेश खन्ना का सवाल-‘शिक्षा मंत्री शामिल नहीं तो उन्हें जिम्मेदार क्यों ठहराया जाए?’

Mumbai , 31 अगस्त . Actor मुकेश खन्ना एक बार फिर छात्रों के प्रदर्शन और कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) को लेकर दी प्रतिक्रिया को लेकर चर्चा में हैं. इस बार उन्होंने से खास बातचीत में जंतर-मंतर और Jharkhand में हुए छात्र प्रदर्शनों का जिक्र करते हुए शिक्षा व्यवस्था और पेपर लीक के मुद्दे पर अपनी ... Read more

डेली किरण 31 Aug 2026 5:23 pm

सासाराम में DM के जनता दरबार में भूमि, आवास, शिक्षा समेत कई मामलों की सुनवाई

31 अगस्त, सोमवार: सासाराम के डीआरडीए सभागार में आयोजित जनता दरबार में डीएम ने लोगों की समस्याएं सुनीं। फरियादियों ने भूमि विवाद, आवास, शिक्षा, स्वास्थ्य, पेंशन और सड़क से जुड़े आवेदन दिए। डीएम ने अधिकारियों को शिकायतों का निष्पक्ष और समयबद्ध निष्पादन करने का निर्देश दिया।

लाइव हिन्दुस्तान 31 Aug 2026 5:17 pm

पेपर लीक पर मुकेश खन्ना का सवाल-'शिक्षा मंत्री शामिल नहीं तो उन्हें जिम्मेदार क्यों ठहराया जाए?'

मुंबई, 31 अगस्त (आईएएनएस)। अभिनेता मुकेश खन्ना एक बार फिर छात्रों के प्रदर्शन और कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) को लेकर दी प्रतिक्रिया को लेकर चर्चा में हैं। इस बार उन्होंने आईएएनएस से खास बातचीत में जंतर-मंतर और झारखंड में हुए छात्र प्रदर्शनों का जिक्र करते हुए शिक्षा व्यवस्था और पेपर लीक के मुद्दे पर अपनी राय रखी है।

समाचार नामा 31 Aug 2026 5:17 pm

पढ़ाई छोड़ चुके बच्चों के लिए खुशखबरी: MP की हर पंचायत में खुलेगा 'शिक्षा घर',10वीं-12वीं कराएगा ओपन बोर्ड

स्कूल छोड़ चुके बच्चों को दोबारा पढ़ाई से जोड़ने के लिए ग्राम पंचायत स्तर पर शिक्षा घर शुरू किए जाएंगे। विद्यार्थी राज्य ओपन स्कूल बोर्ड से 10वीं-12वीं की परीक्षा देकर प्रमाणपत्र हासिल कर सकेंगे।

दैनिक जागरण 31 Aug 2026 5:06 pm

न कोई ऑफिस, न कोई स्टार्टअप! फिर भी कर रहे हैं 5 लाख की कमाई

सोशल मीडिया पर नौकरी या उससे जुड़े तरह-तरह के दावे किए जाते हैं, जो कई बार सही तो कई बार गलत भी साबित होते हैं. एक्स पर वायरल हो रही पोस्ट में भी ऐसी ही एक बात कही जा रही है. एक युवक ने बताया कि उनके दोस्त इस काम से हर महीने 5 लाख रुपये कमा रहे हैं.

आज तक 31 Aug 2026 3:48 pm

Report :10 साल में 94 हजार सरकारी स्कूल कम! नीति आयोग के आंकड़ों ने बढ़ाई चिंता, जानिए क्यों बदल रही है देश की शिक्षा व्यवस्था

Report :10 साल में 94 हजार सरकारी स्कूल कम! नीति आयोग के आंकड़ों ने बढ़ाई चिंता, जानिए क्यों बदल रही है देश की शिक्षा व्यवस्था

समाचार नामा 31 Aug 2026 12:45 pm

सरकारी नौकरी: आज 13000 से अधिक पदों पर आवेदन का आखिरी मौका, तुरंत भरें फॉर्म, जानें किस-किस विभाग में भर्ती

सरकारी नौकरी 2026: अगस्त के आखिरी दिन सरकारी नौकरी की तैयारी कर रहे उम्मीदवारों के पास आज 13,129 पदों पर आवेदन का आखिरी मौका है। एसबीआई क्लर्क, राजस्थान बिजली विभाग और पंजाब पीटीआई भर्ती के आवेदन आज बंद हो रहे हैं।

अमर उजाला 31 Aug 2026 12:27 pm

बिहार: आरक्षण के लाभ पर शिक्षा मंत्री बोले- संपन्न परिवारों के बच्चों को दायरे से बाहर रखने पर हो विचार

बिहार में आरक्षण को लेकर जारी सियासी बहस के बीच शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी ने कहा कि सामाजिक और आर्थिक रूप से संपन्न हो चुके परिवारों के बच्चों को आरक्षण के लाभ से बाहर रखने पर विचार किया जाना चाहिए।

अमर उजाला 31 Aug 2026 12:01 pm

उच्च शिक्षा में भारत की बड़ी छलांग, एक दशक में नामांकन 4.50 करोड़ तक पहुंचा; छात्राओं की भागीदारी में उल्लेखनीय बढ़ोतर

New Delhi, 31 अगस्त . India में उच्च शिक्षा का दायरा लगातार बढ़ रहा है और पिछले एक दशक में इस क्षेत्र में उल्लेखनीय प्रगति दर्ज की गई है. एक आधिकारिक फैक्टशीट के अनुसार, वर्ष 2014-15 में 3.42 करोड़ छात्रों का उच्च शिक्षा संस्थानों में नामांकन था, जो बढ़कर 2023-24 में 4.50 करोड़ हो गया, ... Read more

डेली किरण 31 Aug 2026 11:13 am

धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा पूरी सफलता नहीं, आखिर नए शिक्षा मंत्री से क्यों मायूस हैं सोनम वांगचुक?

केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा हो चुका है। नए मंत्री ने पद भी संभाल लिया है। लेकिन, इन सब बातों से भूख हड़ताल करने वाले सोनम वांगचुक बहुत खुश नजर नहीं आ रहे हैं। आखिर उनकी मायूसी की क्या वजह है?

लाइव हिन्दुस्तान 31 Aug 2026 11:11 am

कोल इंडिया: मैनेजमेंट ट्रेनी उत्तर कुंजी पर 3 सितंबर तक दर्ज करें आपत्ति, जानें पूरा प्रोसेस, कब आएगा रिजल्ट?

कोल इंडिया प्रबंधन प्रशिक्षु भर्ती परीक्षा की अस्थायी उत्तर कुंजी जारी हो गई है। उम्मीदवार 3 सितंबर रात 11:55 बजे तक अपनी आपत्ति दर्ज कर सकते हैं। 660 पदों के लिए 1.29 लाख से अधिक अभ्यर्थियों ने परीक्षा दी है।

अमर उजाला 31 Aug 2026 10:38 am

विज्ञान: एआई, रोबोटिक्स की मदद से पढ़ेंगे और सीखेंगे डॉक्टर, मेडिकल शिक्षा बेहतर बनाने के लिए सुझाव आमंत्रित

विज्ञान: एआई, रोबोटिक्स की मदद से पढ़ेंगे और सीखेंगे डॉक्टर, मेडिकल शिक्षा बेहतर बनाने के लिए सुझाव आमंत्रित

अमर उजाला 31 Aug 2026 9:51 am

सहायक शिक्षक पर छात्राओं से छेड़छाड़ के आरोप:जिला शिक्षा अधिकारी ने किया सस्पेंड; विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज

उमरिया जिले के मानपुर विकासखंड अंतर्गत शासकीय प्राथमिक शाला सुल्तानपुर में छात्राओं से छेड़छाड़ और अभद्रता का मामला सामने आया है। मामले में स्कूल के सहायक शिक्षक को शिक्षा विभाग ने निलंबित कर दिया है। इंदवार पुलिस ने भी शिक्षक के खिलाफ गंभीर धाराओं में मामला दर्ज किया है। सहायक शिक्षक पर स्कूल में पढ़ने वाली छात्राओं के साथ छेड़छाड़ और अभद्र व्यवहार करने के आरोप लगे थे। शिकायत मिलने के बाद शिक्षा विभाग ने मामले की जांच कराई। जांच में आरोपों की पुष्टि होने के बाद जिला शिक्षा अधिकारी ने शिक्षक को निलंबित करने के आदेश जारी किए। जिला शिक्षा अधिकारी ने निलंबित किया जिला शिक्षा अधिकारी बी.एस. सरकंडे ने रविवार को एक पत्र जारी कर निलंबन की जानकारी दी। निलंबन अवधि के दौरान सहायक शिक्षक कोमल चंद गुप्ता का मुख्यालय विकासखंड शिक्षा अधिकारी कार्यालय निर्धारित किया गया है। इस दौरान उन्हें नियमानुसार जीवन निर्वाह भत्ता दिया जाएगा। मामले की गंभीरता को देखते हुए इंदवार थाना पुलिस ने भी शिक्षक के खिलाफ प्रकरण दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस की ओर से मामले में आगे की कार्रवाई की जा रही है। छात्राओं से जुड़े इस संवेदनशील मामले के सामने आने के बाद शिक्षा विभाग में हड़कंप की स्थिति बनी हुई है।

दैनिक भास्कर 31 Aug 2026 7:22 am

शिक्षा, सामाजिक भागीदारी व नेत्रदान जागरूकता को लेकर बैठक में चर्चा

भास्कर न्यूज | अम्बाला कश्यप राजपूत सभा की मासिक बैठक रविवार को सेक्टर-9 स्थित हरविंदर सिंह कश्यप के आवास पर हुई। बैठक की अध्यक्षता सभा के प्रधान त्रिलोचन सिंह ने की और मंच संचालन प्यारा सिंह कश्यप ने किया। बैठक में कश्यप समाज को आगे बढ़ाने, संगठन को मजबूत करने और निर्णय लेने वाले पदों पर समाज की उचित भागीदारी सुनिश्चित करने पर चर्चा हुई। बैठक में बच्चों को बेहतर शिक्षा उपलब्ध कराने और उनके उज्ज्वल भविष्य के लिए समाज की ओर से हरसंभव प्रयास करने का संकल्प लिया गया। नए सदस्य अमरनाथ कश्यप ने अपना परिचय दिया और सरकारी संस्थाओं के माध्यम से निशुल्क आंख जांच शिविर आयोजित कराने में पूर्ण सहयोग देने का आश्वासन दिया। वहीं, 25 अगस्त से 8 सितंबर तक मनाए जा रहे 41वें राष्ट्रीय नेत्रदान पखवाड़े के तहत लोगों को मरणोपरांत नेत्रदान के प्रति जागरूक किया गया। बैठक में हाकम सिंह, राम कुमार, प्रदीप कुमार, धनी राम, अजीत सिंह, रूप राम, कपूर सिंह, जयपाल सिंह, रणबीर सिंह, निहालजीत सिंह, ओम प्रकाश, रविंदर सिंह और हरविंदर सिंह आदि मौजूद थे।

दैनिक भास्कर 31 Aug 2026 5:30 am

घुमंतू समाज के युवा सम्मेलन में शिक्षा, संगठन और संस्कार पर जोर

बूंदी| घुमंतू उत्थान न्यास की ओर से रविवार को शहर में घुमंतू और अर्धघुमंतू जातियों का युवा सम्मेलन हुआ। अध्यक्षता नीरज गर्ग ने की, जबकि मुख्य अतिथि पुरुषोत्तम नुवाल रहे। मुख्य वक्ता प्रभुलाल कालबेलिया ने समाज के गौरवशाली इतिहास पर प्रकाश डालते हुए कहा कि हमारे पूर्वजों ने अभावों के बावजूद राष्ट्र और सनातन संस्कृति की रक्षा की। युवाओं को उनसे प्रेरणा लेकर शिक्षा, संस्कार और संगठन के जरिए समाज को आगे बढ़ाना चाहिए। सम्मेलन में युवाओं ने समाज की वर्तमान चुनौतियों और विकास को लेकर भी विचार साझा किए।

दैनिक भास्कर 31 Aug 2026 5:30 am

Chandigarh News: फेडरेशन चुनाव में सीटीयू को प्रधान, शिक्षा विभाग को महासचिव पद

फेडरेशन चुनाव में सीटीयू को प्रधान, शिक्षा विभाग को महासचिव पद

अमर उजाला 31 Aug 2026 2:36 am

भारत में उच्च शिक्षा का स्वर्णिम दशक: 31.5 प्रतिशत बढ़ा नामांकन, छात्राओं की भागीदारी में भी बड़ी छलांग

पिछले दस वर्षों में भारत में उच्च शिक्षा में 31.5% की वृद्धि हुई है, जिसमें कुल नामांकन 3.42 करोड़ से बढ़कर 4.5 करोड़ हो गया है।

जागरण 30 Aug 2026 9:21 pm

रिटायर्ड शिक्षा अधिकारी को 165 दिन डिजिटल अरेस्ट रखा:ATS और सुप्रीम कोर्ट का डर दिखा 66 लाख वसूले; आरोपी यूपी से गिरफ्तार

भरतपुर में रिटायर्ड शिक्षा अधिकारी को साइबर ठगों ने 165 दिनों तक डिजिटल अरेस्ट रखा। सुप्रीम कोर्ट और एटीएस (ATS) का खौफ दिखाकर 66 लाख रुपए अपने अकाउंट में ट्रांसफर करवा लिए। मामले में भरतपुर साइबर थाना पुलिस ने रविवार को संभल (यूपी) से आरोपी ओमपाल (35) को गिरफ्तार किया है। 3 आरोपी भूपेंद्र यादव, फारुख अहमद परी और संदीप मात्रा पहले ही पकड़े जा चुके हैं। एसपी राजेश मीणा ने बताया- पीड़ित रिटायर्ड शिक्षा अधिकारी ने 2 फरवरी 2026 को साइबर थाने में मामला दर्ज कराया था। रिपोर्ट में बताया कि 17 अगस्त 2025 को पीड़ित के पास एक अज्ञात फोन आया। बातचीत के दौरान ठगों ने धीरे-धीरे उनके आधार कार्ड सहित अन्य महत्वपूर्ण दस्तावेज की जानकारी हासिल की। इसके बाद आरोपियों ने खुद को एटीएस अधिकारी बताकर पीड़ित को फोन किया। ठगों ने झूठा दावा किया कि उन्होंने एक अपराधी को पकड़ा है, जिसके पास से शिक्षा अधिकारी के दस्तावेज मिले हैं। पीड़ित को डरा-धमकाकर ठगों ने उनके बैंक अकाउंट की पूरी डिटेल हासिल कर ली और अकाउंट में मौजूद पैसों के 'वेरिफिकेशन' की मांग की। जब शिक्षा अधिकारी ने इनकार किया, तो आरोपियों ने उन्हें सुप्रीम कोर्ट का डर दिखाया और गिरफ्तारी की धमकी देकर 165 दिनों तक डिजिटल अरेस्ट रखा। इस दौरान अपराधियों ने पीड़ित से 3 किस्तों में 22 लाख, 35 लाख और 6 लाख रुपए सहित कुल 66 लाख रुपए अपने अकाउंट में ट्रांसफर करवा लिए। पीड़ित ने 2 फरवरी को करवाया मामला दर्ज एसपी राजेश मीणा ने बताया- जनवरी 2026 में पीड़ित रिटायर्ड शिक्षा अधिकारी ने समाचार पत्रों में 'डिजिटल अरेस्ट' से जुड़ी एक खबर पढ़ी। इसके बाद जब उन्होंने आरोपियों से सवाल-जवाब करना शुरू किया तो उन्हें ठगी का अहसास हुआ। इसके बाद 2 फरवरी को उन्होंने साइबर थाने में आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज करवाया। इसके बाद पुलिस की एक विशेष टीम गठित की गई और कॉल डिटेल के साथ- साथ बैंक अकाउंट ट्रांजेक्शन को ट्रेक किया गया। जांच में सामने आया कि आरोपी ओमपाल (35) निवासी संभल, उत्तर प्रदेश ने कंस्ट्रक्शन की एक फर्जी फर्म बनवाकर बैंक अकाउंट खुलवाया, जिसमें बुजुर्ग से ठगे गए 22 लाख रुपए कैश करवाए गए। इसके बाद पुलिस ने ओमपाल को यूपी के संभल से रविवार को गिरफ्तार कर लिया। एसपी ने बताया कि मामले में 3 आरोपियों को पहले गिरफ्तार किया जा चुका है। फिलहाल आरोपी ओमपाल से पूछताछ की जा रही है। साथ ही गैंग के दूसरे सदस्यों को लेकर भी जांच की जा रही है।

दैनिक भास्कर 30 Aug 2026 8:16 pm

विमुक्त-घुमंतू समाज के प्रतिनिधियों से मिले CM सैनी:बोले-बच्चों को जरूर पढ़ाएं, शिक्षा ही बदलेगी आने वाली पीढ़ियों का भाग्य

हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि विमुक्त एवं घुमंतू समाज का इतिहास स्वाभिमान, वीरता और राष्ट्रभक्ति की गौरवशाली गाथा है। कठिन परिस्थितियों के बावजूद इस समाज ने अपनी मेहनत, कला, संस्कृति और आत्मसम्मान को जीवित रखा। मुख्यमंत्री ने समाज के लोगों से अपील की कि वे अपने बच्चों की शिक्षा को प्राथमिकता दें, क्योंकि शिक्षा ही आने वाली पीढ़ियों का भाग्य बदलने की सबसे बड़ी ताकत है। मुख्यमंत्री रविवार को चंडीगढ़ स्थित अपने आवास संत कबीर कुटीर में हरियाणा और पंजाब की विभिन्न घुमंतू जातियों के प्रतिनिधिमंडल को संबोधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री ने कहा कि भारत के इतिहास में विमुक्त एवं घुमंतू समाज के शूरवीरों और महापुरुषों का योगदान स्वर्ण अक्षरों में दर्ज है। उन्होंने भाई मक्खन शाह लबाना, भाई लखी शाह बंजारा, भाई निगाहिया और योद्धा भाई जैता के योगदान को याद किया। इस दौरान अखिल भारतीय डीएनटी कल्याण संगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष राजेंद्र सिंह देसुजोदा, सतनाम सिंह संधू, हरियाणा घुमंतू जाति विकास बोर्ड के चेयरमैन सरदार जसमेर सिंह बंजारा, पूर्व विधायक लक्ष्मण नापा, सुनीता चौहान सहित अन्य गणमान्य लोग मौजूद रहे। अंग्रेजों ने बनाया था 'क्रिमिनल ट्राइब्स एक्ट' सीएम ने कहा कि समाज की वीरता और राष्ट्रभक्ति से अंग्रेजी हुकूमत भी परेशान थी। इसी के चलते अंग्रेजों ने वर्ष 1871 में क्रिमिनल ट्राइब्स एक्ट जैसा काला कानून बनाकर कई समुदायों को जन्मजात अपराधी घोषित कर दिया था। उन्होंने कहा कि आजादी के बाद 31 अगस्त 1952 को इस कानून का कलंक समाप्त हुआ। इसी ऐतिहासिक दिन को विमुक्ति दिवस के रूप में याद किया जाता है। मुख्यमंत्री ने कहा कि केवल विमुक्ति दिवस मनाना पर्याप्त नहीं है, बल्कि समाज को वे सभी अवसर और अधिकार मिलने चाहिए, जिनसे वह लंबे समय तक वंचित रहा। 702 घुमंतू परिवारों को प्लॉट दिए गए मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश सरकार गरीब और वंचित वर्गों के कल्याण के लिए योजनाएं चला रही है। उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत हरियाणा में 1.60 लाख परिवारों को पक्के मकान दिए गए हैं। उन्होंने कहा कि करनाल, पलवल और रोहतक में 702 घुमंतू परिवारों को प्लॉट आवंटित किए गए हैं, जिससे उनके सुरक्षित भविष्य की नींव मजबूत हुई है। डॉ. आंबेडकर आवास नवीनीकरण योजना के तहत मकान मरम्मत के लिए सहायता राशि 30 हजार से बढ़ाकर 80 हजार रुपए की गई है। इसके तहत 85,815 परिवारों को 416 करोड़ रुपए की सहायता दी गई। 500 रुपए में दिए गैस सिलेंडर मुख्यमंत्री ने बताया कि गरीब परिवारों को मात्र 500 रुपए में गैस सिलेंडर उपलब्ध कराया जा रहा है, जिसका लाभ 15 लाख से अधिक महिलाओं को मिला है। वहीं मुख्यमंत्री विवाह शगुन योजना के तहत बेटियों के विवाह के लिए 3.85 लाख परिवारों को 1,523 करोड़ रुपए की सहायता राशि दी गई है।

दैनिक भास्कर 30 Aug 2026 6:04 pm

भोपाल में 10 दिन से भूख हड़ताल पर बैठे चयनित शिक्षक अभ्यर्थियों ने लिखा खून से पत्र, CM-शिक्षा मंत्री से पदवृद्धि की मांग

भोपाल में वर्ग-2 और वर्ग-3 शिक्षक भर्ती में पद बढ़ाने की मांग को लेकर 10 दिन से भूख हड़ताल कर रहे अभ्यर्थियों ने मुख्यमंत्री और शिक्षा मंत्री को खून से पत्र लिखा। अभ्यर्थियों का आरोप है कि हजारों पद रिक्त होने के बावजूद सरकार सीमित भर्ती कर रही है और उनकी अनदेखी की जा रही है।

जागरण 30 Aug 2026 6:04 pm

सरकार स्कूलों में चला रही सीक्रेट मिशन:रोहतक में बोले सीजेपी प्रवक्ता, शिक्षक नहीं, कौन सी गुणवत्तापरक मिलेगी शिक्षा

रोहतक में शिक्षा बचाओ, रोजगार बचाओ, हरियाणा बचाओ संघर्ष समिति के आह्वान पर न्याय महापंचायत का आयोजन किया गया, जिसमें विभिन्न छात्र संगठनों व सामाजिक संगठनों के सदस्यों ने भाग लिया। न्याय महापंचायत में सीजेपी के राष्ट्रीय प्रवक्ता व कोर्डिनेटर भी शामिल हुए। न्याय महापंचायत के दौरान कॉकरोच जनता पार्टी के राष्ट्रीय प्रवक्ता सुधीर सांगवान ने कहा कि शिक्षा व रोजगार को लेकर न्याय महापंचायत चल रही है, जिसमें 70 के करीब सामाजिक संगठन शामिल हुए है। सीजेपी की तरफ से स्कूल ठीक करने की मुहिम चला रखी है। सरकार स्कूलों में चला रही सीक्रेट मिशनसुधीर सांगवान ने कहा कि सरकार शायद सरकारी स्कूलों में कोई सीक्रेट मिशन चला रही है। कोई परमाणु संबंधी व्यवस्था वहां चला रही होगी, जिसे सरकार दिखाना नहीं चाहती। जब सरकारी स्कूलों में गए तो पता चला कि मिड-डे मील की क्या हालत है। स्कूलों की बिल्डिंग जर्जर पड़ी है, जिनके बारे में सरकार ने कोई सुध तक नहीं ली। 400 करोड़ की सरकार को करनी पड़ी घोषणा सुधीर सांगवान ने कहा कि सरकार ने कल आदेश दिया कि जर्जर स्कूल को तुड़वाया जाएगा। 400 करोड़ रुपए की घोषणा की, जिसमें से 200 करोड़ रुपए जारी किए गए। लेकिन सरकार टाइम लाइन बताए कि जर्जर स्कूल तोड़कर कब तक नए बनाए जाएंगे। सरकारी स्कूल में किस अधिकारी की पढ़ रहे बच्चे, नंबर दे सरकारसुधीर सांगवान ने कहा कि सरकारी स्कूलों में अच्छे शिक्षक नहीं, अच्छी बिल्डिंग नहीं है। अगर कोई सरकारी नौकरी में है तो वह भी प्राइवेट स्कूल की फीस वहन नहीं कर पा रहा। सरकार कोई 10 अधिकारी या नेताओं के नंबर बता दे, जिनके बच्चे सरकारी स्कूल में पढ़ते हो। वह स्वयं वेरीफाई करेंगे। आंकड़ों पर सरकार नहीं करती बात सुधीर सांगवान ने कहा कि कौन की गुणवत्ता वाली शिक्षा की बात सरकार कर रही है। प्राइमरी के स्कूल में 100 से अधिक बच्चे है, जिसमें 2 शिक्षक है और वो भी एसआईआर की ड्यूटी दे रहे है। आंकड़ों पर सरकार बात ही नहीं करती, लेकिन हरियाणा की जनता अब काम करवाएगी। स्कूलों में विजिट किया जा रहा है और स्कूल के हिसाब से टाइम लाइन दी जा रही है।

दैनिक भास्कर 30 Aug 2026 5:20 pm

BPSC TRE 4 में निगेटिव मार्किंग के साथ होगी एक ही परीक्षा, शिक्षा मंत्री ने दूर किया संशय

Bihar Teacher Vacancy: शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी ने स्पष्ट किया है कि बीपीएससी टीआरई 4 में निगेटिव मार्किंग के साथ एक ही परीक्षा होगी, जिससे शिक्षकों का संशय दूर हो गया है। उन्होंने शिक्षकों से संवाद के माध्यम से समस्याओं का समाधान करने की अपील की।

जागरण 30 Aug 2026 4:41 pm

‘हौसला कार्यक्रम’ के तहत माता-पिता विहीन बालिकाओं की शिक्षा का सहारा बनेगा आरपीएससी शिक्षक फोरम

आरपीएससी शिक्षक फोरम की जिला कार्यकारिणी ने इस वर्ष भी माता-पिता विहीन बालिकाओं की शिक्षा को सहारा देने का निर्णय लिया है। फोरम हौसला कार्यक्रम के अंतर्गत...

खास खबर 30 Aug 2026 3:09 pm

‘बच्चों को शिक्षा और संस्कार से जोड़ें’

गत 23 अगस्त को नई दिल्ली की एक सेवा बस्ती में सेवा, समरसता और आत्मीयता का अद्भुत वातावरण देखने को मिला। रोहिणी, सेक्टर-4 स्थित इस सेवा बस्ती में श्रीपेजावर अधोक्षजमठ के पीठाधीश्वर तथा श्रीरामजन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र न्यास के न्यासी पूज्य श्री श्री विश्वप्रसन्नतीर्थ स्वामी जी ने प्रवास किया। पूज्य स्वामी जी ने बस्ती के विभिन्न […]

पांचजन्य 30 Aug 2026 11:59 am

आईआईएम इंदौर वैकेंसी: प्रोजेक्ट मैनेजर और कंसल्टेंट समेत 107 पदों पर भर्ती, क्या है योग्यता; जानें सभी शर्तें

आईआईएम इंदौर ने प्रोजेक्ट आधारित भर्ती 2026 के तहत 107 पदों पर भर्ती निकाली है। इनमें प्रोजेक्ट मैनेजर, कंसल्टेंट समेत कई पद शामिल हैं। इच्छुक उम्मीदवार आवेदन से पहले योग्यता और अन्य शर्तें जरूर जांच लें।

अमर उजाला 30 Aug 2026 11:28 am

शिक्षा सम्बल कार्यक्रम आज

सवाईमाधोपुर| बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ मिशन के तहत 30 अगस्त 2026 को बैरवा समाज का जिला स्तरीय मातृ-पितृविहीन बालिकाओं का पांचवां शिक्षा संबल अभियान मीणा कॉलोनी स्थित संगठन कार्यालय पर आयोजित होगा। इस दौरान मिशन की ओर से लगभग 10 मातृ-पितृविहीन बालिकाओं को शिक्षा संबल प्रदान किया जाएगा। कार्यक्रम संचालक एवं बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ के मिशन एम्बेसडर, बाबूलाल बैरवा, सेवानिवृत्त प्रधानाध्यापक ने बताया कि कार्यक्रम के मुख्य अतिथि पूर्व कैबिनेट मंत्री अशोक बैरवा होंगे। अध्यक्षता पार्षद संजय बैरवा करेंगे। विशिष्ट अतिथि के रूप में पूर्व विधायक हरिनारायण बैरवा, पूर्व प्रधान सूरजमल बैरवा, पूर्व जिला प्रमुख सीमा बैरवा, भामाशाह आर.डी. आकोदिया, बलराम सिसोदिया, दूलीराम बैरवा, नेमीचंद बैरवा, अखिल भारतीय बैरवा महासभा के जिलाध्यक्ष मनोज बैरवा, महामंत्री धारासिंह बैरवा, पूर्व जिलाध्यक्ष अशोक बैण्डवाल, प्रहलाद ठेकेदार, कजोड़मल बैरवा, तहसीलदार सियाराम बैरवा, व एसीएमएचओ डॉ. शिविर बैरवा उपस्थित रहेंगे।

दैनिक भास्कर 30 Aug 2026 5:30 am

एनएसएस और शारीरिक शिक्षा विभाग ने राष्ट्रीय खेल दिवस मनाया

भास्कर न्यूज़ | लुधियाना. जीएनकेसीडब्ल्यू कॉलेज परिसर में राष्ट्रीय खेल दिवस का आयोजन एनएसएस इकाई के सहयोग से शारीरिक शिक्षा विभाग ने किया। कार्यक्रम के दौरान प्लैंक चैलेंज और ''फिटनेस प्रतिज्ञा आयोजित की गई, जिसमें कुल 25 विद्यार्थियों ने भाग लिया। शारीरिक शिक्षा विभाग की असिस्टेंट प्रोफेसर परमिंदर कौर ने प्रतिभागियों को फिटनेस से संबंधित व्यावहारिक जानकारी दी और नियमित व्यायाम के लाभों पर प्रकाश डाला। कॉलेज प्रिंसिपल डॉ. मनीता काहलों ने विभाग के प्रयासों की सराहना करते हुए विद्यार्थियों से खेल और फिटनेस गतिविधियों में सक्रिय भागीदारी बनाए रखने का आग्रह किया।

दैनिक भास्कर 30 Aug 2026 5:30 am

Kanpur News: बीएनएसडी शिक्षा निकेतन का शतरंज में दबदबा कायम

मेजबान बीएनएसडी शिक्षा निकेतन ने जनपदीय विद्यालयीय शतरंज प्रतियोगिता में लगातार तीसरे वर्ष भी दबदबा कायम रखा।

अमर उजाला 30 Aug 2026 2:25 am

विचार: रोजगारपरक शिक्षा का अभाव

नीति आयोग की रिपोर्ट के अनुसार, देश में रोजगारपरक शिक्षा की कमी है, जिससे 8.7 करोड़ युवा NEET श्रेणी में हैं और अधिकांश स्नातकों को योग्यतानुसार नौकरी नहीं मिल रही

जागरण 29 Aug 2026 11:11 pm

स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड पर बिहार सरकार का यू-टर्न, अब पहले की तरह चार लाख तक मिलेगा शिक्षा ऋण

बिहार सरकार ने स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड योजना पर अपना 19 अगस्त का आदेश रद्द कर दिया है। अब छात्रों को पहले की तरह बिहार राज्य शिक्षा वित्त निगम के माध्यम से चार लाख रुपये तक का शिक्षा ऋण मिलता रहेगा, जिससे उच्च शिक्षा की तैयारी कर रहे विद्यार्थियों को बड़ी राहत मिली है।

जागरण 29 Aug 2026 8:28 pm

मध्य प्रदेश ग्रुप-3 सब इंजीनियर सहित कई पदों के लिए आवेदन शुरू

इस भर्ती के जरिये कुल 1,700 उम्मीदवारों का चयन किया जाएगा। इसके अलावा, विभिन्न पदों के लिए आवेदन आज यानी 29 अगस्त, 2026 से शरू हो गए हैं। इच्छुक एवं योग्य उम्मीदवार 12 सितंबर, 2026 तक अपना फॉर्म भर सकते हैं। फॉर्म में करेक्शन करने की लास्ट डेट 17 सितंबर है।

खास खबर 29 Aug 2026 7:14 pm

Rajnath Singh ने Lucknow में कहा: बिना चरित्र निर्माण के केवल डिग्री वाली शिक्षा अधूरी है

रक्षा मंत्री और लखनऊ के सांसद राजनाथ सिंह ने शनिवार को दार्शनिक अंदाज में कहा कि यदि मन बड़ा नहीं है और दूसरों को देखकर ईर्ष्या होती है, तो यह मान लेना चाहिए कि आप पर ईश्वर की कृपा नहीं है। सिंह ने कहा,‘‘ जब उपलब्धियां मूल्यों पर आधारित होती हैं तभी जीवन सार्थक होता है। जब शिक्षा केवल डिग्री दे लेकिन उससे चरित्र का विकास न हो तो ऐसी शिक्षा का कोई मूल्‍य नहीं है, वह अधूरी है।’’उन्होंने यहां बाबा साहब भीमराव आंबेडकर विश्वविद्यालय के 11वें दीक्षांत समारोह में कहा,‘‘पवित्र मन उसी का होता है, जिसका मन बड़ा होता है। छोटे मन का व्यक्ति कभी पवित्र मन का नहीं हो सकता।’’पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा, ‘‘छोटे मन से कोई बड़ा नहीं होता और टूटे मन से कोई खड़ा नहीं होता।’’सिंह ने एक विदेशी अखबार द्वारा पूर्व में भारत को लेकर व्यंग्य में कार्टून बनाने का जिक्र करते हुए कहा कि आज पूरी दुनिया भारत की सफलता और ‘‘अंतरिक्ष क्षमता’’ देखकर हैरान है। रक्षा मंत्री ने कहा कि यह परिवर्तन किसी चमत्कार से नहीं है बल्कि आप जैसे नौजवानों, वैज्ञानिकों और इंजीनियरों की मेहनत, उनकी लगन से आया है। उन्‍होंने कहा कि सफलता की यात्रा अक्सर चार पड़ावों से होकर गुजरती है-पहले लोग आपको नजर अंदाज करते हैं, फिर आप पर हंसते हैं, फिर वह आपका विरोध करते हैं और अंत में वही लोग आपकी सफलता की तारीफ करते हैं। सिंह ने कहा,‘‘आपको भी ऐसे लोग मिलेंगे जो आपकी उपेक्षा करेंगे, आपका मजाक उड़ाएंगे और कहेंगे कि यह कैसे कर सकता है, आपके रास्‍ते में बाधाएं खड़ी करेंगे लेकिन आपको रुकना नहीं है, आत्‍मविश्‍वास के साथ आगे बढ़ना है।’’रक्षा मंत्री ने कहा, ‘‘मैं आपको विश्‍वास दिलाता हूं कि आपको सफल होने से दुनिया की कोई ताकत रोक नहीं सकती है। पिछले 12 वर्षों में शिक्षा की गुणवत्ता एवं सुलभता बढ़ी है। शिक्षा के क्षेत्र में बदलावों और अच्‍छी योजनाओं का परिणाम है कि आज देश के नौजवान भौतिकी, गणति, जीवविज्ञान के ओलंपियाड में मेडल जीत रहे हैं, स्‍टार्टअप खड़ी कर रहे हैं, हाइड्रोजन ट्रेन, ड्रोन और कंपनियां बना रहे हैं।’’केंद्रीय मंत्री ने कहा कि भारत दुनिया का सबसे बड़ा तीसरा स्‍टार्टअप पारितंत्र बन चुका है। सिंह ने यह भी कहा, ‘‘आर्थिक शक्ति किसी राष्‍ट्र को समृद्ध बनाती है लेकिन सांस्‍कृतिक आत्‍मविश्‍वास हमें महान बनाता है। हमारे सांस्कृतिक मूल्यों का ही परिणाम है कि हमारे देश ने वसुधैव कुटुंबकम का संदेश दिया।’’रक्षा मंत्री ने दावा किया, पहले भारत बोलता था तो दुनिया सुनती नहीं थी, लेकिन आज भारत अंतरराष्ट्रीय मंचों पर बोलता है तो सारी दुनिया कान खोलकर सुनती है कि भारत क्या बोल रहा है।’’विद्यार्थियों को प्रेरित करते हुए रक्षा मंत्री ने कहा , ‘‘जिंदगी का सफर लंबा है और इसे साधना की तरह लेना चाहिए। मन जितना बड़ा होगा, सुख और आनंद की प्राप्ति उतनी ही अधिक होगी।’’बाबा साहब का उदाहरण देते हुए उन्होंने कहा, ‘‘डॉ. आंबेडकर को उस नल से पानी नहीं पीने दिया जाता था, जिससे सभी बच्चे पानी पीते थे। इतना अन्याय सहने के बाद भी उन्होंने भाग्य को कोसने या हिंसा का रास्ता चुनने के बजाय शिक्षा का मार्ग चुना और भारत आकर लोगों में बदलाव की इच्छा जगाई।’’रक्षा मंत्री ने कहा कि कोई न कोई सुपर पावर है जो पूरे ब्रह्मांड को निर्देशित कर रहा है तथा संतों की कही बातों को आज पूरा विश्व स्वीकार कर रहा है। अहंकार से बचने की सलाह देते हुए उन्होंने कहा कि अहंकार आने पर व्यक्ति की कीमत कम हो जाती है। उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय व्यक्तित्व निर्माण के केंद्र होते हैं और जब संस्थान का नाम डॉ. बाबा साहब के नाम पर हो तो अपेक्षाएं और बढ़ जाती हैं। उन्होंने सफलता में माता-पिता और शिक्षकों के योगदान को याद रखना चाहिए। सिंह ने कहा,‘‘हुनर और ज्ञान के साथ संस्कार और संवेदनशीलता जरूरी है। संस्कार के बिना ज्ञान अधूरा है और संवेदनशीलता के बिना व्यक्तित्व अधूरा है।’’बाबा साहब के हवाले से उन्होंने कहा कि स्वभाव में विनम्रता और चरित्र में नैतिकता न हो तो शिक्षित व्यक्ति हिंसक जानवर से भी अधिक खतरनाक होता है। उन्होंने युवाओं से अपील की कि वे केवल अपने लिए नहीं, भारत के लिए बड़े सपने देखें और रोजगार देने वाले बनें। समारोह में उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक और कुलपति प्रो. राजकुमार मित्तल समेत कई लोग मौजूद थे।

प्रभासाक्षी 29 Aug 2026 4:22 pm

कांग्रेस 5 सितंबर को पटना में निकालेगी कफन यात्रा:वित्त रहित शिक्षा नीति के खिलाफ नालंदा में विरोध-प्रदर्शन; शिक्षकों, कर्मचारियों के एडजस्टमेंट, रेग्यूलर पे स्केल की मांग

बिहार में करीब 40 साल से से चली आ रही वित्त रहित शिक्षा नीति को समाप्त करने और शिक्षकों के समायोजन की मांग को लेकर शनिवार को कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने अस्पताल चौक पर एक दिवसीय धरना दिया। पूरे राज्य में चरणबद्ध तरीके से चल रहे आंदोलन की कड़ी में नालंदा 37वां जिला बना, जहां वित्त रहित शिक्षक एवं शिक्षकेत्तर कर्मियों के अधिकारों के समर्थन में जोरदार आवाज बुलंद की गई। इस प्रदर्शन के दौरान आगामी 5 सितंबर को राजधानी पटना में प्रस्तावित ‘कफन यात्रा’ को सफल और ऐतिहासिक बनाने के लिए बड़ी संख्या में लोगों से एकजुट होने का आह्वान किया गया। 'वित्त रहित शिक्षा व्यवस्था का दंश झेलते हुए चार दशक से ज्यादा का वक्त गुजरा' ​धरने को संबोधित करते हुए जिलाध्यक्ष विवेक सिन्हा ने कहा कि राज्य में वित्त रहित शिक्षा व्यवस्था का दंश झेलते हुए कर्मियों को चालीस साल से अधिक समय बीत चुका है। सीमित संसाधनों और घोर अभावों के बीच वित्त रहित विद्यालयों, इंटर कॉलेजों और डिग्री महाविद्यालयों के हजारों शिक्षकों व कर्मचारियों ने लाखों विद्यार्थियों का भविष्य संवारने का काम किया है। इसके बावजूद सरकारों ने उन्हें नियमित वेतनमान, सेवा सुरक्षा, पेंशन, स्वास्थ्य सुविधा और सम्मानजनक जीवन से पूरी तरह वंचित रखा है। उन्होंने सरकार से मांग की कि इस शोषणकारी नीति को तत्काल समाप्त कर सभी शिक्षण संस्थानों के कर्मियों के समायोजन के लिए ठोस नीति बनाई जाए। ​कांग्रेस सेवा दल के प्रदेश अध्यक्ष डॉ. संजय यादव ने कहा कि 30 जून को अरवल जिले से इस राज्यव्यापी महाआंदोलन का बिगुल फूंका गया था, जो अब निर्णायक मोड़ पर पहुंच चुका है। यह आंदोलन केवल किसी व्यक्ति विशेष का नहीं, बल्कि हजारों पीड़ित शिक्षक परिवारों के आत्मसम्मान और जीवन रक्षा की लड़ाई है। ​उन्होंने सरकार से सभी वित्त रहित संस्थानों के समायोजन, कर्मियों को नियमित वेतनमान, सेवा सुरक्षा, सेवानिवृत्त शिक्षकों को पेंशन, दिवंगत कर्मियों के आश्रितों को सामाजिक सुरक्षा और कैशलेस स्वास्थ्य बीमा योजना का लाभ देने की मांग की। साथ ही प्रखंड स्तरीय डिग्री कॉलेज योजना में पूर्व से संचालित वित्त रहित कॉलेजों को प्राथमिकता देने पर जोर दिया। वक्ताओं ने जिले के तमाम प्राचार्यों, शिक्षकों, शिक्षकेत्तर कर्मियों, छात्रों और शिक्षा प्रेमियों से 5 सितंबर को पटना पहुंचने की अपील की।

दैनिक भास्कर 29 Aug 2026 3:33 pm

मध्यप्रदेश: कांग्रेस ने स्कूली शिक्षा के प्रदर्शन पर सवाल उठाए और कहा- किसी भी जिले ने 60 प्रतिशत का आंकड़ा पार नहीं किया

मध्यप्रदेश: कांग्रेस ने स्कूली शिक्षा के प्रदर्शन पर सवाल उठाए और कहा- किसी भी जिले ने 60 प्रतिशत का आंकड़ा पार नहीं किया

समाचार नामा 29 Aug 2026 3:19 pm

बिना चरित्र निर्माण के केवल डिग्री देने वाली शिक्षा अधूरी है, लखनऊ में बोले Rajnath Singh

रक्षा मंत्री और लखनऊ के सांसद राजनाथ सिंह ने शनिवार को दार्शनिक अंदाज में कहा कि यदि मन बड़ा नहीं है और दूसरों को देखकर ईर्ष्या होती है, तो यह मान लेना चाहिए कि आप पर ईश्वर की कृपा नहीं है। सिंह ने कहा,‘‘ जब उपलब्धियां मूल्यों पर आधारित होती हैं तभी जीवन सार्थक होता है। जब शिक्षा केवल डिग्री दे लेकिन उससे चरित्र का विकास न हो तो ऐसी शिक्षा का कोई मूल्‍य नहीं है, वह अधूरी है।’’ उन्होंने यहां बाबा साहब भीमराव आंबेडकर विश्वविद्यालय के 11वें दीक्षांत समारोह में कहा,‘‘पवित्र मन उसी का होता है, जिसका मन बड़ा होता है। छोटे मन का व्यक्ति कभी पवित्र मन का नहीं हो सकता।’’ पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा, ‘‘छोटे मन से कोई बड़ा नहीं होता और टूटे मन से कोई खड़ा नहीं होता।’’ सिंह ने एक विदेशी अखबार द्वारा पूर्व में भारत को लेकर व्यंग्य में कार्टून बनाने का जिक्र करते हुए कहा कि आज दुनिया भारत की सफलता देखकर हैरान है। विद्यार्थियों को प्रेरित करते हुए रक्षामंत्री ने कहा , ‘‘जिंदगी का सफर लंबा है और इसे साधना की तरह लेना चाहिए। मन जितना बड़ा होगा, सुख और आनंद की प्राप्ति उतनी ही अधिक होगी।’’ उन्होंने कहा, ‘‘परमानंद की कोई सीमा नहीं होती। इसे भी पढ़ें: Allahabad High Court ने Lucknow के 88 गांवों में जल संकट दूर करने के दिए निर्देश यह साधना है। जिस पर ईश्वर की कृपा होती है, उसी का मन बड़ा होता है।’’ बाबा साहब का उदाहरण देते हुए उन्होंने कहा, ‘‘डॉ. आंबेडकर को उस नल से पानी नहीं पीने दिया जाता था, जिससे सभी बच्चे पानी पीते थे। इतना अन्याय सहने के बाद भी उन्होंने भाग्य को कोसने या हिंसा का रास्ता चुनने के बजाय शिक्षा का मार्ग चुना और भारत आकर लोगों में बदलाव की इच्छा जगाई।’’ रक्षा मंत्री ने कहा कि कोई न कोई सुपर पावर है जो पूरे ब्रह्मांड को निर्देशित कर रहा है तथा संतों की कही बातों को आज पूरा विश्व स्वीकार कर रहा है। इसे भी पढ़ें: JPNIC Lucknow के संचालन और रखरखाव को UP Cabinet की मंजूरी, 30 साल की लीज पर दिया अहंकार से बचने की सलाह देते हुए उन्होंने कहा कि अहंकार आने पर व्यक्ति की कीमत कम हो जाती है। उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय व्यक्तित्व निर्माण के केंद्र होते हैं और जब संस्थान का नाम डॉ. बाबा साहब के नाम पर हो तो अपेक्षाएं और बढ़ जाती हैं। उन्होंने सफलता में माता-पिता और शिक्षकों के योगदान को याद रखना चाहिए। सिंह ने कहा,‘‘हुनर और ज्ञान के साथ संस्कार और संवेदनशीलता जरूरी है। संस्कार के बिना ज्ञान अधूरा है और संवेदनशीलता के बिना व्यक्तित्व अधूरा है।’’ बाबा साहब के हवाले से उन्होंने कहा कि स्वभाव में विनम्रता और चरित्र में नैतिकता न हो तो शिक्षित व्यक्ति हिंसक जानवर से भी अधिक खतरनाक होता है। उन्होंने युवाओं से अपील की कि वे केवल अपने लिए नहीं, भारत के लिए बड़े सपने देखें और रोजगार देने वाले बनें। इसे भी पढ़ें: मिसाइल निर्माण में बड़ी छलांग, ब्रह्मोस की रफ्तार से बढ़ेगा भारत, राजनाथ सिंह ने DRDO को दिया आदेश, भारतीय उद्योगों को सौंपें अपनी उन्नत टेक्नॉजी समारोह में उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक और कुलपति प्रो. राजकुमार मित्तल समेत कई लोग मौजूद थे।

प्रभासाक्षी 29 Aug 2026 3:09 pm

बच्चों की रुचि जानने के लिए होगी 'ब्रेन मैपिंग':कटिहार पहुंचे शिक्षा मंत्री, बोले-'शिक्षा विभाग रिफॉर्म से परफॉर्म की ओर बढ़ेगा'

बिहार का शिक्षा विभाग अब 'रिफॉर्म से परफॉर्म' की दिशा में आगे बढ़ेगा। शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी ने कटिहार में शिक्षा विभाग के साथ एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक के बाद यह बात कही। उन्होंने बताया कि सरकार बच्चों में शिक्षा के प्रति रुचि बढ़ाने, उनकी प्रतिभा पहचानने और उन्हें उनकी रुचि के अनुरूप भविष्य के लिए तैयार करने पर विभिन्न स्तरों पर काम कर रही है। सकारात्मक सोच के साथ आगे बढ़ने को प्रेरित करें जिला पदाधिकारी की उपस्थिति में हुई इस बैठक में शिक्षा व्यवस्था से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर चर्चा की गई। बैठक के बाद शिक्षा मंत्री ने इस बात पर जोर दिया कि बच्चों के मन में किसी भी तरह की नकारात्मक भावना नहीं आनी चाहिए। उन्हें सकारात्मक सोच के साथ आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया जाना चाहिए। ‘एलिजिबल फॉर स्किल’ पर काम कर रही सरकार मंत्री ने कहा कि कई बार परीक्षा में असफल होने के बाद बच्चों को लगता है कि उनका जीवन समाप्त हो गया है। इस सोच को बदलने के लिए सरकार 'एलिजिबल फॉर स्किल' (Eligible for Skill) जैसी व्यवस्था पर काम कर रही है। इसके तहत प्रमाणपत्र में ऐसी व्यवस्था की जाएगी, जिससे बच्चे को अपनी स्थिति की जानकारी तो मिले, लेकिन असफलता के कारण उसके अंदर नकारात्मक भावना पैदा न हो। कक्षा 9 से बच्चों की रुचि और क्षमता के पर ध्यान दें शिक्षा मंत्री ने बच्चों की रुचि और क्षमता को समय रहते पहचानने की आवश्यकता पर भी बल दिया। उन्होंने बताया कि सरकार बच्चों की 'ब्रेन मैपिंग' कराने की दिशा में भी काम करेगी। इससे यह पता लगाने में मदद मिलेगी कि किस बच्चे की रुचि किस क्षेत्र में है, जैसे डॉक्टर, इंजीनियर या शिक्षक। उनका मानना है कि यदि कक्षा नौ से ही बच्चों की रुचि और क्षमता के अनुसार ध्यान दिया जाए, तो वे अपने पसंदीदा क्षेत्र में बेहतर प्रदर्शन कर सकते हैं। नेपाल में आई बाढ़ के बाद कई जिलों में विद्यालय और स्कूलों तक जाने वाली सड़कें जलमग्न होने के सवाल पर शिक्षा मंत्री ने कहा कि इस समस्या के समाधान के लिए जल्द ही पटना में एक बैठक कर आवश्यक निर्णय लिया जाएगा। वहीं, कटिहार में भवनहीन विद्यालयों की समस्या के समाधान की दिशा में भी जल्द काम करने की बात उन्होंने कही। उन्होंने दोहराया कि बेहतर शिक्षा के लिए विद्यालयों की आधारभूत संरचना को मजबूत करना सरकार की प्राथमिकताओं में से एक है।

दैनिक भास्कर 29 Aug 2026 3:04 pm

मृत आदिवासी बच्चों के परिवारों को 2-2 लाख की सहायता:CM डॉ. मोहन यादव बोंदारी पहुंचे, शिक्षा-स्वास्थ्य और पोषण आहार पर जानकारी ली

मध्य प्रदेश सरकार बालाघाट जिले के आदिवासी क्षेत्र में मृत बच्चों के परिवारों को दो-दो लाख रुपए की आर्थिक सहायता प्रदान करेगी। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने शनिवार को प्रभावित ग्राम बोंदारी के दौरे के दौरान यह घोषणा की। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव शनिवार सुबह 11 बजे लांजी पहुंचे और उसके बाद ग्राम कोरका व बोंदारी का दौरा किया। बोंदारी में उन्होंने एक सभा मंच पर मंत्रियों, विधायकों और पंचायत प्रतिनिधियों के साथ प्रभावित परिवारों से मुलाकात की। मुख्यमंत्री ने मृत बच्चों के संबंध में जानकारी ली और पोषण आहार की स्थिति पर भी चर्चा की। इस दौरान क्षेत्रीय विधायकों ने उन्हें वनाधिकार पट्टों और स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं से अवगत कराया। आदिवासी बहनों ने बांधी राखी इस दौरान आदिवासी बहनों ने मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव को राखी बांधी। मुख्यमंत्री ने बताया कि पिछले 25 वर्षों में यह पहली बार है जब कोई मुख्यमंत्री और मंत्री इस कोर आदिवासी क्षेत्र में आए हैं। उन्होंने कहा कि कांग्रेस शासनकाल में नक्सलियों ने एक मंत्री की हत्या कर दी थी, लेकिन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह के नेतृत्व में नक्सलवादी आंदोलन को समाप्त किया गया है। मुख्यमंत्री ने आगे कहा कि अब इस क्षेत्र में मूलभूत सुविधाओं के विकास और आदिवासियों के रहन-सहन में सुधार लाने की चुनौती है, जिसे सभी मिलकर पूरा करेंगे। उन्होंने आश्वासन दिया कि क्षेत्र में पोषण आहार, चिकित्सा, शिक्षा और रोजगार सहित सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ दिलाया जाएगा। नक्सलवाद के हटने से सामने आया मामला मुख्यमंत्री ने जोर दिया कि यदि नक्सलवाद सक्रिय होता तो ये मुद्दे सामने नहीं आते। उन्होंने कहा कि लगातार क्षेत्र में जाने से और भी कई बातें सामने आएंगी, जिन पर सुधार और बदलाव की आवश्यकता होगी। डॉ. यादव ने बताया कि आदिवासियों को वनाधिकार के साथ-साथ पशुपालन, बकरी पालन और मुर्गी पालन जैसी गतिविधियों से जोड़ा जाएगा। उन्होंने बालाघाट को सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में से एक बताते हुए कहा कि आदिवासी क्षेत्रों के विकास पर सरकार लगातार ध्यान केंद्रित करेगी। ये भी रहे मौजूद इस अवसर पर प्रभारी मंत्री उदयप्रताप सिंह, लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी मंत्री संपतिया उइके, सांसद भारती पारधी, विधायक संजय उइके, गौरव सिंह पारधी, राजकुमार कर्राहे, मधु भगत, मध्यप्रदेश अनुसूचित जनजाति आयोग के सदस्य भगतसिंह नेताम, पिछड़ा वर्ग आयोग की सदस्य मौसम बिसेन, पूर्व मंत्री रामकिशोर कांवरे और गौरीशंकर बिसेन सहित कई गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे।

दैनिक भास्कर 29 Aug 2026 2:50 pm

एजुकेशन हब इंदौर के स्कूलों में मात्र 41% बुनियादी सुविधाएं:शिक्षा मंत्रालय के सर्वे में देश के टॉप जिलों की रेस से बाहर हुआ एमपी

केंद्रीय शिक्षा मंत्रालय की PGI-D रिपोर्ट सामने आने के बाद प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी ने मुख्यमंत्री मोहन यादव को पत्र लिखकर मध्यप्रदेश की स्कूली शिक्षा व्यवस्था पर सवाल उठाए हैं। पटवारी ने रिपोर्ट के आंकड़ों का हवाला देते हुए कहा कि बड़े शहरों से लेकर आदिवासी जिलों तक स्कूलों की बुनियादी सुविधाएं, लर्निंग आउटकम, सेफ्टी और डिजिटल लर्निंग की स्थिति चिंताजनक है। उन्होंने सरकार से विज्ञापनों और दावों के बजाय शिक्षा व्यवस्था की जमीनी हकीकत पर जवाब देने की मांग की है। देश के टॉप जिले: पंजाब-दिल्ली से कोसों दूर रह गया एमपी जब हम देश के शीर्ष प्रदर्शन करने वाले राज्यों और जिलों पर नजर डालते हैं, तो मध्य प्रदेश की बदहाली और साफ हो जाती है। इस राष्ट्रीय सर्वे में पंजाब के बरनाला जिला 462 अंकों और श्री मुक्तसर साहिब जिला 447 अंकों के साथ देश में सबसे टॉप लीग यानी 'उत्तम-2' ग्रेड में बने हुए हैं। इसके साथ ही केंद्रशासित प्रदेश चंडीगढ़ ने 437 अंकों के साथ देश में दूसरा सबसे सर्वश्रेष्ठ स्थान हासिल किया है। दिल्ली के भी अधिकांश जिले 420 से अधिक अंक लेकर शीर्ष पायदानों पर काबिज हैं। दूसरी तरफ, मध्य प्रदेश का सबसे बेहतरीन प्रदर्शन करने वाला सीधी जिला महज 333 अंक यानी सिर्फ 55.5 प्रतिशत ही हासिल कर सका है। यह आंकड़ा साफ बताता है कि मध्य प्रदेश का सबसे बेस्ट जिला भी देश के टॉप जिलों से पूरे 100 अंक पीछे छूटकर इस रेस से पूरी तरह बाहर हो गया है। वीआईपी और महानगरों का हाल: इंदौर-भोपाल भी फिसड्डी राज्य के जिन महानगरों के दम पर विकास का ढिंढोरा पीटा जाता है, वहां की स्कूली हकीकत सबसे ज्यादा डराने वाली है। इंदौर जैसे महानगर में, जहां प्रदेश भर के बच्चे अपना भविष्य बनाने आते हैं, वहां के स्कूलों में इंफ्रास्ट्रक्चर और बुनियादी सुविधाएं मात्र 41 प्रतिशत ही पाई गई हैं। इतना ही नहीं, इंदौर में बच्चों की सीखने की क्षमता यानी लर्निंग आउटकम भी सिर्फ 47 प्रतिशत पर सिमट गया है। बात अगर देश के प्रशासनिक केंद्र और राज्य की राजधानी भोपाल की करें, तो यहां भी स्थिति दयनीय है। भोपाल के स्कूलों में लर्निंग आउटकम लगभग 47 प्रतिशत है, जबकि स्कूलों में मासूम बच्चों की सुरक्षा का पैमाना यानी स्कूल सेफ्टी का ग्राफ सिर्फ 37 प्रतिशत पर आकर ठहर गया है। यह स्थिति बताती है कि जब बड़े शहरों का यह हाल है, तो प्रदेश का पूरा सिस्टम किस कदर वेंटिलेटर पर है। बड़वानी में डिजिटल लर्निंग 16 फीसदी पर आधुनिक तकनीक और डिजिटल इंडिया के दौर में मध्य प्रदेश के ग्रामीण और आदिवासी बाहुल्य जिलों की स्थिति और भी बदतर है। सागर जिले में डिजिटल लर्निंग का प्रदर्शन महज 24 प्रतिशत दर्ज किया गया है, जबकि धार जिले में यह और भी कम यानी सिर्फ 20 प्रतिशत ही रह गया है। सबसे बुरी स्थिति आदिवासी बहुल बड़वानी जिले की सामने आई है, जहां डिजिटल लर्निंग का ग्राफ गिरकर मात्र 16 प्रतिशत पर आ गया है। बड़वानी में बच्चों के सीखने की क्षमता 36 प्रतिशत और स्कूलों में बच्चों की सुरक्षा केवल 26 प्रतिशत ही आंकी गई है। इसके अलावा विदिशा जिले में बच्चों की पढ़ाई का स्तर 41 प्रतिशत और अशोकनगर में स्कूल प्रबंधन 45 प्रतिशत दर्ज हुआ है। सरकारी डेटा के ये आंकड़े यह साबित करने के लिए काफी हैं कि वैश्विक प्रतिस्पर्धा के इस दौर में मध्य प्रदेश के बच्चे बुनियादी और डिजिटल शिक्षा के अधिकार से लगातार वंचित हो रहे हैं। समझिए क्या है 'प्राचेष्टा' और इसमें कहां खड़ा है प्रदेश केंद्रीय शिक्षा मंत्रालय ने इस सूचकांक में जिलों को उनकी परफॉर्मेंस के आधार पर अलग-अलग ग्रेड दिए हैं। इसमें 'उत्कर्ष' और 'उत्तम' को सबसे शीर्ष स्तर माना जाता है, जबकि 'प्राचेष्टा' को सुधार की ओर बढ़ते हुए मध्यम स्तर की श्रेणी में रखा गया है। प्राचेष्टा का सीधा अर्थ है वह स्तर जहां स्कूल बुनियादी आवश्यकताओं को पूरा करने की 'चेष्टा' यानी प्रयास तो कर रहे हैं, लेकिन गुणवत्ता के मानकों पर अभी बहुत पीछे हैं। इस रिपोर्ट में मध्य प्रदेश के लिए सबसे शर्मनाक बात यह रही कि राज्य के अधिकांश जिले 'प्राचेष्टा-1', 'प्राचेष्टा-2' और 'प्राचेष्टा-3' के चक्रव्यूह में ही फंसकर रह गए हैं। पूरा प्रदेश साठ प्रतिशत के प्रदर्शन स्तर को भी पार नहीं कर पाया है, जिससे साफ है कि यहां के स्कूल अभी सिर्फ बुनियादी जरूरतों के लिए संघर्ष कर रहे हैं। जीतू पटवारी बोले- यह 25 साल की सरकार का रिपोर्ट कार्ड है प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी ने मुख्यमंत्री को लिखे पत्र में तीखा हमला बोलते हुए कहा कि केंद्रीय शिक्षा मंत्रालय की यह रिपोर्ट आपकी सरकार की 25 वर्ष से अधिक की शिक्षा व्यवस्था का गंभीर रिपोर्ट कार्ड माना जाना चाहिए। उन्होंने सरकार को घेरते हुए कहा कि अब विज्ञापनों और प्रचार की राजनीति से बाहर निकलकर स्कूलों की वास्तविक स्थिति पर खुली बहस होनी चाहिए। पटवारी ने सीधे शब्दों में कहा कि मध्य प्रदेश के बच्चों का भविष्य कोई राजनीतिक प्रचार का विषय नहीं है, आप सरकार चला रहे हैं इसलिए जवाब भी आपको ही देना होगा। जेनरेशन-अल्फा के दौर में 16% डिजिटल पढ़ाई मुख्यमंत्री के गृह जिले उज्जैन का उदाहरण देते हुए पत्र में बताया गया है कि वहां भी स्कूल सेफ्टी महज 34 प्रतिशत और डिजिटल लर्निंग सिर्फ 28 प्रतिशत पर टिकी है। जीतू पटवारी ने सरकार को कटघरे में खड़ा करते हुए लिखा कि आज 21वीं सदी में जब दुनिया 'जेनरेशन-अल्फा' की तकनीक और वैश्विक प्रतिस्पर्धा की बात कर रही है, तब हमारे कई जिलों में डिजिटल लर्निंग का स्तर 16, 20 और 24 प्रतिशत होना बेहद शर्मनाक है। यह अंतर सिर्फ सरकारी आंकड़ों का नहीं, बल्कि प्रदेश के बच्चों के सुनहरे भविष्य और सरकार के झूठे दावों के बीच की एक बहुत बड़ी खाई है।

दैनिक भास्कर 29 Aug 2026 2:08 pm

India Post recruitment 2026: 23,757 जीडीएस पदों पर निकली भर्ती, चेक करें डिटेल्स और करें आवेदन

pc: kalingatv डिपार्टमेंट ऑफ़ पोस्ट्स ने 23,757 ग्रामीण डाक सेवकों की भर्ती के लिए नोटिफिकेशन जारी किया है, एप्लीकेशन प्रोसेस 31 अगस्त से शुरू होगा। नोटिफिकेशन 27 अगस्त को जारी किया गया था। यह भर्ती अभियान GDS ऑनलाइन एंगेजमेंट शेड्यूल-II, जुलाई 2026 के तहत, विज्ञापन नंबर 17-12/2026-GDS के ज़रिए आता है। इच्छुक और योग्य उम्मीदवार विज्ञापन को ध्यान से पढ़ें और 21 सितंबर से पहले नौकरियों के लिए अप्लाई करें। ज़रूरी तारीखें: रजिस्ट्रेशन की तारीख: 31 अगस्त से 19 सितंबर एप्लीकेशन जमा करने की तारीख: 2 से 21 सितंबर एडिट/करेक्शन विंडो: 23 से 24 सितंबर वैकेंसी : कुल पोस्ट: 23,757 महाराष्ट्र: 2,297 तमिलनाडु: 2,118 उत्तर प्रदेश: 1,691 पश्चिम बंगाल: 1,619 मध्य प्रदेश: 1,450 झारखंड: 1,379 केरल: 1,373 उत्तर पूर्वी: 1,354 ओडिशा: 1,353 कर्नाटक: 1,116 बिहार: 1,098 एलिजिबिलिटी क्राइटेरिया: उम्मीदवारों को किसी मान्यता प्राप्त बोर्ड से 10वीं क्लास पास होना चाहिए सेंट्रल/स्टेट गवर्नमेंट या यूनियन टेरिटरी। राज्य की लोकल भाषा क्लास 10th तक पढ़ी होनी चाहिए। कैंडिडेट को कंप्यूटर की बेसिक जानकारी, साइकिल चलाने की काबिलियत, और GDS अलाउंस के अलावा रोज़ी-रोटी का एक अच्छा सोर्स होना चाहिए। जिस राज्य के लिए वे अप्लाई कर रहे हैं, उसकी लोकल भाषा में माहिर होना चाहिए। उम्र सीमा: इस पोस्ट के लिए अप्लाई करने वाले कैंडिडेट की उम्र 18 से 40 साल के बीच होनी चाहिए। SC/ST: 5 साल OBC: 3 साल EWS: कोई छूट नहीं PwBD: 10 साल PwBD + OBC: 13 साल PwBD + SC/ST: 15 साल सिलेक्शन प्रोसेस: GDS, ABPM, और BPM पोस्ट के लिए सिलेक्शन सिर्फ़ क्लास 10 के मार्क्स के आधार पर होगा। कोई लिखित परीक्षा या इंटरव्यू नहीं सिलेक्शन सिर्फ़ क्लास 10 के मार्क्स के आधार पर होगा एप्लीकेशन फीस: जनरल/OBC/EWS: Rs 100 SC/ST/PwD/फीमेल/ट्रांसवुमन: कोई फीस नहीं ज़रूरी डॉक्यूमेंट: क्लास 10 की मार्कशीट आइडेंटिटी प्रूफ जाति सर्टिफिकेट (अगर लागू हो) PwBD सर्टिफिकेट (अगर लागू हो) EWS सर्टिफिकेट (अगर लागू हो) जन्म तिथि का प्रूफ सरकारी हॉस्पिटल/डिस्पेंसरी से मेडिकल सर्टिफिकेट लोकल/ट्राइबल भाषा प्रोफिशिएंसी सर्टिफिकेट अप्लाई कैसे करें: indiapost.gov.in/gdsonlineengagement पर जाएं। एक वैलिड मोबाइल नंबर और ईमेल ID (हर एक का इस्तेमाल सिर्फ़ एक रजिस्ट्रेशन के लिए किया जा सकता है) का इस्तेमाल करके वन-टाइम रजिस्ट्रेशन (OTR) पूरा करें। जेनरेट हुए रजिस्ट्रेशन नंबर और पासवर्ड का इस्तेमाल करके लॉग इन करें। पर्सनल डिटेल्स, एजुकेशनल (10वीं क्लास) डिटेल्स भरें, और अपना पसंदीदा डिवीज़न और पोस्ट चुनें। तय स्पेसिफिकेशन्स के अनुसार फ़ोटोग्राफ़ (JPG/JPEG, 30–100 KB) और सिग्नेचर (JPG/JPEG, 20–100 KB) अपलोड करें। एप्लिकेशन का प्रीव्यू करें और ज़रूरत हो तो करेक्शन करें। अगर लागू हो, तो एप्लिकेशन फ़ीस पे करें, और सबमिट करें।

राजस्थान खबरे 29 Aug 2026 2:07 pm

नगर पालिका चुनाव से पहले शिक्षा मंत्री के बहू-बेटे को झटका, वोटर लिस्ट में नाम जुड़वाने का आवेदन खारिज

बारां जिले की नवगठित अटरू नगर पालिका में चुनाव से पहले वोटर लिस्ट को लेकर विवाद खड़ा हो गया है। शिक्षा मंत्री मदन दिलावर के बेटे पवन दिलावर और बहू हेमलता दिलावर ने वार्ड नंबर 21 में अपना नाम जुड़वाने के लिए आवेदन किया था, लेकिन एसडीएम ने जांच के बाद दोनों आवेदन खारिज कर दिए।

खबर इंडिया टीवी 29 Aug 2026 12:32 pm

इंडिया पोस्ट जीडीएस भर्ती 2026: किस सर्किल में कितनी वैकेंसी? पीडीएफ में देखें 23757 रिक्तियों की पूरी जानकारी

डाक विभाग ने ग्रामीण डाक सेवक भर्ती के तहत 23,757 पदों का सर्किलवार विवरण जारी किया है। आवेदन प्रक्रिया की शुरुआत 31 अगस्त से हो जाएगी। 10वीं पास 18 से 40 वर्ष तक के अभ्यर्थी आवेदन कर सकेंगे। चयन 10वीं के अंकों से बनी मेरिट के आधार पर होगा।

अमर उजाला 29 Aug 2026 12:25 pm

धर्मशाला: फर्नीचर, खिलौने और शिक्षा किट से संवरेंगे आंगनबाड़ी केंद्र, बच्चों को मिलेंगी बेहतर सुविधाएं

हिमाचल प्रदेश के आंगनबाड़ी केंद्रों का जल्द ही कायाकल्प होगा। इसके लिए महिला एवं बाल विकास मंत्रालय ने पंखुड़ी पोर्टल शुरू किया है।

अमर उजाला 29 Aug 2026 11:54 am

एसबीआई: पीओ प्रीलिम्स का रिजल्ट जारी, पीडीएफ में चेक करें अपना रोल नंबर, 1500 पदों के लिए मुख्य परीक्षा कब?

एसबीआई ने प्रोबेशनरी ऑफिसर भर्ती 2026 की प्रारंभिक परीक्षा का परिणाम जारी कर दिया है। 1 और 2 अगस्त को परीक्षा देने वाले अभ्यर्थी अपना परिणाम देख सकते हैं। चयनित अभ्यर्थी अब मुख्य परीक्षा में शामिल होंगे।

अमर उजाला 29 Aug 2026 10:27 am

शिक्षा-विभाग की वरिष्ठता-सूची अवैध घोषित, सुप्रीम-कोर्ट ने एसएलपी खारिज की:राज्य के 6 हजार उप प्राचार्य का डिमोशन तय, अब आरपीएससी मेरिट के आधार पर होगी

2015 की चयन प्रक्रिया से भर्ती किए गए करीब 11 हजार स्कूल व्याख्याताओं से जुड़े वरिष्ठता विवाद में सुप्रीम कोर्ट ने राजस्थान हाईकोर्ट के 8 जुलाई 2026 के फैसले को बरकरार रखा है। न्यायमूर्ति केवी विश्वनाथन और न्यायमूर्ति अरुण पल्ली की पीठ ने मामले में दायर विशेष अनुमति याचिकाओं के समूह को खारिज कर दिया। कोर्ट ने रिकॉर्ड की जांच के बाद हाईकोर्ट के फैसले में हस्तक्षेप की कोई गुंजाइश नहीं मानी। फैसले के बाद अब व्याख्याताओं की वरिष्ठता सूची नए सिरे से तैयार की जाएगी और डीपीसी भी दोबारा कराई जाएगी। एक भर्ती, लेकिन अलग-अलग तारीखों पर नियुक्तियां बनीं विवाद की वजह विवाद आरपीएससी की ओर से 16 अक्टूबर 2015 को जारी विज्ञापन के जरिए विभिन्न विषयों में स्कूल लेक्चररों की भर्ती से जुड़ा था। चयन प्रक्रिया एक ही थी, लेकिन अलग-अलग विषयों के परिणाम अलग-अलग तारीखों पर घोषित हुए। इसके चलते नियुक्ति आदेश भी अलग-अलग समय पर जारी किए गए। वरिष्ठता सूची मुख्य रूप से नियुक्ति की तारीख के आधार पर तैयार की गई। इसे इस आधार पर चुनौती दी गई कि परिणाम, अनुशंसा या प्रशासनिक प्रक्रिया में देरी के कारण योग्य अभ्यर्थियों को नुकसान हुआ। याचिकाकर्ताओं की मांग थी कि एक ही चयन प्रक्रिया में चयनित अभ्यर्थियों की वरिष्ठता नियुक्ति की तारीख के बजाय उनकी योग्यता और मेरिट के आधार पर तय की जाए। हाईकोर्ट ने भी मेरिट के आधार पर वरिष्ठता की बात कही थी राजस्थान हाईकोर्ट ने माना था कि संबंधित नियम एक ही चयन प्रक्रिया में अलग-अलग विषयों में नियुक्त स्कूल व्याख्याताओं के लिए समान वरिष्ठता सूची बनाने की स्थिति को पर्याप्त रूप से स्पष्ट नहीं करते हैं। हाईकोर्ट ने कहा था कि वरिष्ठता का इस्तेमाल पदोन्नति के समान और निष्पक्ष अवसरों से वंचित करने के लिए नहीं किया जा सकता। अदालत ने उप-प्रधानाचार्य पद पर पदोन्नति से जुड़े कानूनी प्रावधानों में विषयों को प्राथमिकता नहीं दिए जाने की बात भी कही थी। वरिष्ठता सूची तैयार करने के तरीके के कारण कुछ विषयों के शिक्षक प्रशासनिक प्रक्रिया में पहले नियुक्त होने से उन अभ्यर्थियों से वरिष्ठ हो गए, जिनके चयन में मेरिट बेहतर थी। नियम 36 के क्रियान्वयन से शुरू हुआ विवाद विवाद की जड़ राजस्थान शिक्षा (राज्य एवं अधीनस्थ) सेवा नियम-2021 के नियम 36 के प्रावधान-1 के क्रियान्वयन को माना गया है। शिक्षा विभाग और आरपीएससी की प्रक्रिया में अलग-अलग विषयों के अभ्यर्थियों को अलग-अलग चरणों में नियुक्तियां मिलीं। छोटे विषयों के अभ्यर्थियों को समय पर जॉइनिंग मिल गई और वे 2016-17 की सूची में शामिल हो गए। वहीं बड़े विषयों के अभ्यर्थी प्रशासनिक देरी के कारण बाद में कार्यग्रहण कर सके। विभाग ने आरपीएससी की मेरिट के बजाय जॉइनिंग की तारीख को वरिष्ठता का आधार बना दिया। इससे एक ही विज्ञापन और चयन प्रक्रिया से चुने गए अभ्यर्थियों के बीच जॉइनिंग की तारीख के कारण करीब दो साल तक का वरिष्ठता अंतर पैदा हो गया। इस व्यवस्था में कम अंक पाने वाले कुछ शिक्षक वरिष्ठ हो गए, जबकि ज्यादा अंक पाने वाले शिक्षक जूनियर हो गए। 2013, 2015 और 2018 भर्ती के शिक्षक प्रभावित इस विवाद से 2013, 2015 और 2018 की प्राध्यापक भर्तियों के करीब 11 हजार व्याख्याता सीधे प्रभावित बताए गए हैं। इसके अलावा विभागीय पदोन्नति के जरिए वरिष्ठ अध्यापक से व्याख्याता बने कार्मिक भी इस प्रक्रिया से प्रभावित होंगे। इसके साथ विभागीय पदोन्नति से वरिष्ठ अध्यापक से व्याख्याता बने कार्मिक भी शामिल हैं। सुप्रीम कोर्ट के फैसले के अनुसार नियम 36 के तहत 10 अक्टूबर 2002 की अधिसूचना के अनुसार आरपीएससी द्वारा लिखित परीक्षा और साक्षात्कार के अंकों के आधार पर तैयार मेरिट के क्रम में मिश्रित/एकीकृत वरिष्ठता तय की जाएगी। 40 महीने में 178.56 करोड़ रुपए के अतिरिक्त भुगतान का दावा इस विवाद का असर शिक्षा विभाग के वित्तीय प्रबंधन पर भी पड़ा। विभाग की ओर से पिछले 40 महीनों में 178.56 करोड़ रुपए के अतिरिक्त भुगतान का दावा किया गया है। डीपीसी के बाद पदोन्नत शिक्षकों को नए पदों पर पदस्थापित करने के बजाय यथास्थान ही कार्यरत रखा गया और उन्हें उच्च पे-स्केल का भुगतान शुरू कर दिया गया। दावे के अनुसार 5,048 वाइस प्रिंसिपल, 3,200 प्रिंसिपल और 8,000 वाइस प्रिंसिपल सहित कुल 16,248 कार्मिकों को नए पद का कार्यभार संभाले बिना बढ़ा हुआ वेतन दिया गया। इससे सरकार पर हर महीने करीब 8.12 करोड़ रुपए का अतिरिक्त वित्तीय बोझ पड़ रहा था। करीब 6 हजार उप प्राचार्यों की पदोन्नति प्रभावित होगी हाईकोर्ट और सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद पुरानी वरिष्ठता सूची और उसके आधार पर हुई डीपीसी निरस्त होने की स्थिति बन गई है। वर्तमान में उप प्राचार्य पद पर कार्यरत करीब 6 हजार शिक्षकों की पदोन्नति सूची भी निरस्त होगी और उन्हें दोबारा व्याख्याता पद पर रिवर्ट किया जाएगा। वित्त विभाग के नियमों के अनुसार माध्यमिक शिक्षा विभाग, बीकानेर को अब पारदर्शी कॉमन वरिष्ठता सूची नए सिरे से तैयार करनी होगी। इसके बाद दोबारा डीपीसी कराई जाएगी। नई प्रक्रिया के बाद चयनित शिक्षकों को नोशनल पे-फिक्सेशन और नए पद पर कार्यग्रहण करने के बाद नकद भुगतान का वैधानिक लाभ मिल सकेगा। 25 अगस्त की बैठक में नहीं हुआ फैसला फैसले को लागू करने के लिए स्थायी समिति की बैठक 25 अगस्त को हुई थी। हालांकि, बैठक में इस संबंध में कोई निर्णय नहीं हो सका और फैसला अगली तारीख तक टाल दिया गया। शिक्षक संघ ने की फैसले की पूर्ण पालना की मांग शिक्षक संघ रेसटा, राजस्थान के प्रदेशाध्यक्ष मोहर सिंह सलावद ने बताया कि व्याख्याता से उप प्राचार्य की वरिष्ठता के विवाद में सुप्रीम कोर्ट ने राजस्थान हाईकोर्ट के 8 जुलाई के फैसले को बरकरार रखा है। उन्होंने राज्य सरकार और शिक्षा विभाग से सुप्रीम कोर्ट के निर्णय की पूर्ण पालना सुनिश्चित करने की मांग की। साथ ही सत्र 2012-13 में वरिष्ठ अध्यापक से व्याख्याता पदोन्नति के लिए बनाई गई वरिष्ठता सूची की भी जांच की मांग की। सलावद के अनुसार सत्र 2011-12 तथा 2013-14 से 2025-26 तक की वरिष्ठता सूची मेरिट के आधार पर तैयार की गई, जबकि सत्र 2012-13 में अलग नियम अपनाया गया था।

दैनिक भास्कर 29 Aug 2026 9:39 am

SIO ने नबी-ए-करीम की शिक्षाओं पर किया कार्यक्रम:हाफिज सय्यद वसी उल्लाह मुख्य अतिथि रहे, दिया इंसानियत का संदेश

सम्भल के सरायतरीन में स्टूडेंट्स इस्लामिक ऑर्गेनाइजेशन ऑफ इंडिया (एसआईओ) ने शुक्रवार देर रात एक विशेष कार्यक्रम आयोजित किया। 'खिताब-ए-आम—नबी सल्लल्लाहु अलैहि वसल्लम, इंसानों के मोहसिन' विषय पर केंद्रित इस कार्यक्रम में पैगंबर मोहम्मद की शिक्षाओं पर प्रकाश डाला गया। यह कार्यक्रम रात करीब नौ बजे से 12 बजे तक चला। कार्यक्रम में एसआईओ के राष्ट्रीय सचिव हाफिज सय्यद वसी उल्लाह मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। उन्होंने अपने संबोधन में पैगंबर-ए-इस्लाम हजरत मोहम्मद सल्लल्लाहु अलैहि वसल्लम के जीवन और उनकी शिक्षाओं पर विस्तार से बात की। हाफिज सय्यद वसी उल्लाह ने इंसानियत, भाईचारे, सद्भाव और आपसी मोहब्बत का संदेश दिया। उन्होंने बताया कि पैगंबर-ए-इस्लाम ने इंसानों के साथ बेहतर व्यवहार, जरूरतमंदों की मदद, पड़ोसियों के अधिकारों और समाज में शांति स्थापित करने की शिक्षा दी। वक्ताओं ने उपस्थित लोगों से इन शिक्षाओं को अपने जीवन में अपनाने और समाज में आपसी सौहार्द बनाए रखने की अपील की। कार्यक्रम में एसआईओ के पदाधिकारी, कार्यकर्ता और स्थानीय लोग बड़ी संख्या में मौजूद रहे, जिन्होंने देर रात तक वक्ताओं को ध्यानपूर्वक सुना। आयोजकों ने बताया कि इस आयोजन का मुख्य उद्देश्य पैगंबर-ए-इस्लाम की शिक्षाओं और उनके इंसानियत के संदेश को जन-जन तक पहुंचाना था। कार्यक्रम के सफल आयोजन में सहयोग करने वाले सभी लोगों का आभार व्यक्त किया गया।

दैनिक भास्कर 29 Aug 2026 9:25 am

समग्र शिक्षा अभियान: मिट्टी के खिलौने और मूर्तियां बनाना सीखेंगे छात्र, स्कूलों में आयोजन; बैगलेस डे मनाएंगे

समग्र शिक्षा अभियान के तहत परिषदीय, उच्च प्राथमिक और कंपोजिट विद्यालयों में इस शैक्षिक सत्र हर शनिवार को बैगलेस डे मनाया जा रहा है। इसका उद्देश्य बच्चों को किताबी ज्ञान के साथ व्यावहारिक और कौशल आधारित गतिविधियों से जोड़ना है।

अमर उजाला 29 Aug 2026 9:23 am

बालिका शिक्षा के साथ उनकी सुरक्षा पर भी जोर

भास्कर न्यूज | कोंडागांव बुनागांव स्थित जनपद प्राथमिक शाला के शिक्षक सूरज नेताम ने स्कूल की सभी 35 छात्राओं को राखी और मिठाई भेंट कर रक्षाबंधन मनाया। शिक्षक के हाथों उपहार पाकर छात्राओं के चेहरे खिल उठे। इस पहल के जरिए उन्होंने ग्रामीण क्षेत्र में बेटी पढ़ाओ का संदेश भी दिया। नेताम पिछले करीब 15 वर्षों से ग्रामीण क्षेत्र के बच्चों को शिक्षा से जोड़ने के लिए लगातार व्यक्तिगत प्रयास कर रहे हैं। दीपावली, रक्षाबंधन, स्थानीय मेले और अन्य विशेष अवसरों पर वे अपने खर्च से बच्चों को नकद राशि के साथ पेन, कॉपियां, टाई, बेल्ट, कपड़े और अन्य उपहार देते हैं। उनका उद्देश्य बच्चों में स्कूल आने की रुचि बढ़ाने के साथ शिक्षा के प्रति सकारात्मक माहौल तैयार करना है। शिक्षक के प्रयासों का असर स्कूलों की दर्ज संख्या में भी दिखाई दिया। पूर्व पदस्थापना वाले ग्राम कोकोड़ी के स्कूल में बच्चों की संख्या 12 से बढ़कर 76 तक पहुंची। वहीं तीन वर्ष पहले बुनागांव स्कूल में उनकी पदस्थापना के समय कुल दर्ज संख्या 24 थी। इनमें सिर्फ 10-11 बालिकाएं नियमित रूप से पढ़ने आती थीं। शिक्षक के प्रयासों के बाद दूसरे वर्ष दर्ज संख्या 35 और तीसरे वर्ष 45 तक पहुंची। सूरज नेताम बच्चों को किताबी ज्ञान देने के साथ बालिका शिक्षा और बाल सुरक्षा को लेकर भी जागरूकता अभियान चलाते हैं। बाल विवाह, नशाखोरी और शोषण जैसी सामाजिक कुरीतियों के खिलाफ वे रैलियों और चौपालों के माध्यम से ग्रामीणों को जागरूक करते हैं। उनकी पहल का एक खास हिस्सा उत्कृष्ट माता सम्मान है। इसके तहत ऐसी माताओं को चिन्हित कर सम्मानित किया जाता है, जो विपरीत परिस्थितियों के बावजूद अपनी बेटियों की पढ़ाई जारी रखती हैं और उन्हें उच्च शिक्षा के लिए प्रोत्साहित करती हैं।

दैनिक भास्कर 29 Aug 2026 5:30 am

Solan News: जलजनित रोगों को लेकर शिक्षा सख्त, स्कूलों का होगा औचक निरीक्षण

बारिश के मौसम में विद्यार्थियों को जलजनित बीमारियों से सुरक्षित रखने के लिए शिक्षा विभाग पूरी तरह सख्त हो गया है।

अमर उजाला 29 Aug 2026 1:46 am

Faridabad News: विज्ञान शिक्षा और सतत विकास लक्ष्यों पर होगी ऑनलाइन बैठक

Online meeting to be held on science education and Sustainable Development Goals.

अमर उजाला 29 Aug 2026 1:44 am

Sambhal News: बीएसए ने खंड शिक्षा अधिकारी से मांगा पांच बिंदुओं पर जवाब

ब्लॉक के गांव हेमदपुर स्थित परिषदीय विद्यालय परिसर में लगे पांच यूकेलिप्टस के पेड़ों को बिना नीलामी काटने का मामला तूल पकड़ गया है।

अमर उजाला 29 Aug 2026 1:02 am

दिल्ली विश्वविद्यालय में असिस्टेंट प्रोफेसर बनने का बेहतरीन मौका, इस तिथि तक करें आवेदन

देश के किसी प्रतिष्ठित शैक्षणिक संस्थान में नौकरी करने की ख्वाहिश रखने वाले युवाओं के लिए एक बेहतरीन मौका सामने आया है। दरअसल, दिल्ली विश्वविद्यालय (डीयू) ने...

खास खबर 28 Aug 2026 8:54 pm

सड़क पर रहने वाले बच्चों ने सीएम रेखा गुप्ता को बांधी राखी, दिल्ली सरकार ने लिया शिक्षा का संकल्प

दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने रक्षाबंधन का पर्व 'मुख्यमंत्री जन सेवा सदन' में सड़क पर रहने वाले बच्चों के साथ मनाया। इस दौरान बच्चों ने सीएम को राखी बांधी और मुख्यमंत्री ने उनके सपनों व शिक्षा के लिए सरकार के पूर्ण सहयोग का संकल्प लिया।

जागरण 28 Aug 2026 8:15 pm

100% दृष्टिबाधित को अनुकंपा नियुक्ति नहीं देने पर हाईकोर्ट सख्त:शिक्षा विभाग को नोटिस, चार सप्ताह में मांगा जवाब

मृतक सरकारी कर्मचारी के आश्रित को अनुकंपा नियुक्ति नहीं दिए जाने के मामले में राजस्थान हाईकोर्ट ने शिक्षा विभाग को नोटिस जारी किया है। कोर्ट ने विभाग से चार सप्ताह में जवाब मांगा है। मामला झुंझुनूं के बनगोठड़ी गांव की दिवंगत शिक्षिका रोशन कुमारी के 100 प्रतिशत दृष्टिबाधित पुत्र अजय कुमार ओला से जुड़ा है। दरअसल, रोशन कुमारी का वर्ष 2020 में निधन हुआ था। इसके बाद उनके पुत्र अजय कुमार ने अनुकंपा नियुक्ति के लिए आवेदन किया था। शिक्षा विभाग ने यह कहते हुए आवेदन निरस्त कर दिया कि परिवार का एक अन्य पुत्र पहले से ही सरकारी नौकरी में कार्यरत है। विभाग के फैसले को अजय कुमार ने हाईकोर्ट में चुनौती दी। याचिकाकर्ता की ओर से वकील संजीव महला और विजय पूनियां ने पक्ष रखते हुए बताया कि अजय कुमार 100 प्रतिशत दृष्टिबाधित हैं और अलग राशन कार्ड के साथ अपना परिवार चला रहे हैं। परिवार की आर्थिक स्थिति भी कमजोर है। वकीलों ने कोर्ट को बताया कि परिवार के दूसरे सदस्य की सरकारी नौकरी होने के बावजूद उसका लाभ अजय कुमार को वास्तविक रूप से नहीं मिल रहा है। ऐसे में केवल इस आधार पर अनुकंपा नियुक्ति से वंचित करना उचित नहीं है। प्रारंभिक सुनवाई के बाद हाईकोर्ट ने मामले के मानवीय और आर्थिक पहलुओं को देखते हुए शिक्षा विभाग को नोटिस जारी किया है। विभाग को चार सप्ताह में जवाब पेश करना होगा। इसके बाद मामले में आगे सुनवाई होगी।

दैनिक भास्कर 28 Aug 2026 8:12 pm

MP में जल्द शुरू होगी 10 हजार शिक्षकों की भर्ती:प्रमोशन-रिटायरमेंट के बाद बढ़ सकती संख्या; CM ने शिक्षा विभाग से पूछा- कितने पद खाली

मध्य प्रदेश में जल्द ही करीब 10 हजार शिक्षकों की भर्ती निकलने वाली है। मुख्यमंत्री मोहन यादव ने स्कूल शिक्षा विभाग को भर्ती प्रक्रिया शुरू करने के निर्देश दिए हैं। शिक्षकों के प्रमोशन की प्रक्रिया पूरी होते ही खाली पदों की संख्या और बढ़ सकती है। शिक्षा विभाग मार्च 2027 तक रिटायर होने वाले शिक्षकों के पदों की भी गिनती कर रहा है। प्रमोशन और रिटायरमेंट से खाली होने वाले पदों को जोड़कर भर्ती का प्रस्ताव तैयार किया जाएगा। इसके बाद नए शिक्षकों की भर्ती प्रक्रिया शुरू की जाएगी। CM मोहन ने पूछा- कब शुरू होगी भर्ती? मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने गुरुवार को स्कूल शिक्षा विभाग की समीक्षा बैठक में अधिकारियों से पूछा कि नई शिक्षक भर्ती कब शुरू होगी और कितने पदों पर की जाएगी। उन्होंने प्रमोशन और रिटायरमेंट से खाली होने वाले पदों की जानकारी भी मांगी। मुख्यमंत्री के निर्देश के बाद लोक शिक्षण आयुक्त कार्यालय ने भर्ती की तैयारी तेज कर दी है। लोक शिक्षण आयुक्त अभिषेक सिंह ने संचालनालय के अधिकारियों को प्रदेशभर में शिक्षकों के रिक्त पदों की जानकारी जुटाने के निर्देश दिए हैं। 700 जीर्ण-शीर्ण स्कूलों की जगह दो साल में नए भवन स्कूलों की मरम्मत और निर्माण को लेकर भी विभाग ने तैयारी शुरू कर दी है। अधिकारियों को स्कूलों के निर्माण और मरम्मत का एस्टीमेट तैयार करने और निर्माण एजेंसी तय करने की प्रक्रिया आगे बढ़ाने के निर्देश दिए गए हैं। स्कूल शिक्षा विभाग की रिपोर्ट के मुताबिक, प्रदेश में करीब 90 हजार स्कूल हैं। इनमें से करीब 700 स्कूल पूरी तरह जीर्ण-शीर्ण हो चुके हैं। मुख्यमंत्री ने इनकी जगह दो साल में नए भवन तैयार करने के निर्देश दिए हैं। अब इन स्कूलों के नए भवन बनाने के खर्च का आकलन किया जाएगा। इसके बाद निर्माण एजेंसी तय होगी। स्कूलों का निर्माण कलेक्टर के माध्यम से होगा, शाला विकास निधि से कराया जाएगा या किसी अन्य एजेंसी को जिम्मेदारी दी जाएगी, इस पर अभी अंतिम फैसला नहीं हुआ है। 3 हजार स्कूलों में नए कक्ष बनाने की तैयारी सरकार के फैसले के बाद विभाग करीब 3 हजार मरम्मत योग्य स्कूलों में नए कक्ष बनाने की तैयारी कर रहा है। इन स्कूलों में कक्षों की स्थिति खराब है और अतिरिक्त निर्माण या सुधार की जरूरत है। एक साथ 3 हजार स्कूलों की जिम्मेदारी किसी एक एजेंसी को देने से काम की गुणवत्ता और निगरानी पर सवाल उठ सकते हैं। इसलिए विभाग 10 से 15 स्कूलों का क्लस्टर बनाकर उन्हें मरम्मत और निर्माण की जिम्मेदारी देने पर विचार कर रहा है। इस पर अभी अंतिम निर्णय होना बाकी है। जीर्ण-शीर्ण स्कूलों के नए भवन और मरम्मत योग्य स्कूलों में नए कक्ष बनाने की पूरी प्रक्रिया दो साल में पूरी करने का लक्ष्य है। पंचायत, नगरीय निकाय और PHE की भी जिम्मेदारी स्कूलों में जरूरी सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए पंचायतों, नगरीय निकायों और PHE विभाग की भूमिका भी तय की जाएगी। ग्रामीण क्षेत्रों में स्कूलों की बाउंड्रीवॉल का काम पंचायतों के जरिए कराया जा सकता है। ग्रामीण स्कूलों में पेयजल व्यवस्था की जिम्मेदारी PHE विभाग को देने पर विचार है। शहरी क्षेत्रों में स्कूलों की बाउंड्रीवॉल का काम नगरीय निकायों के माध्यम से कराया जा सकता है। इन व्यवस्थाओं को लेकर अंतिम निर्णय विभाग स्तर पर होना बाकी है। भोपाल में शिक्षक भर्ती को लेकर अभ्यर्थियों का प्रदर्शन इधर, भोपाल के नीलम पार्क में शिक्षक भर्ती-2025 और रिक्त पदों को लेकर अभ्यर्थी प्रदर्शन कर चुके हैं। वर्ग-2 माध्यमिक और वर्ग-3 प्राथमिक शिक्षक भर्ती-2025 में पद बढ़ाने की मांग को लेकर अभ्यर्थियों का अनिश्चितकालीन धरना चल रहा है। प्रदर्शन के दौरान पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह भी अभ्यर्थियों के बीच पहुंचे थे। उन्होंने कहा था कि मांगें नहीं मानी गईं तो शिक्षक दिवस से वे खुद 24 घंटे की भूख हड़ताल करेंगे। इसी बीच विभाग में नई भर्ती और रिक्त पदों की गणना की प्रक्रिया शुरू होने से अभ्यर्थियों को पद बढ़ने की उम्मीद है। हालांकि, सरकार की ओर से अभी यह स्पष्ट नहीं किया गया है कि नई भर्ती में कितने पद शामिल होंगे। यह संख्या प्रमोशन और मार्च 2027 तक होने वाली सेवानिवृत्ति के बाद रिक्तियों की गणना पूरी होने पर तय होगी। …………………………………. यह खबर भी पढ़ें… शिक्षक भर्ती-2025 के अभ्यर्थियों के बीच पहुंचे दिग्विजय सिंह राजधानी भोपाल के नीलम पार्क में शिक्षक भर्ती-2025 और रिक्त पदों को लेकर प्रदर्शन कर रहे अभ्यर्थियों के बीच बुधवार को पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह पहुंचे। उन्होंने प्रदर्शनकारियों की मांगों को जायज बताते हुए सरकार से जल्द समाधान की मांग की। चेतावनी दी कि यदि मांगें नहीं मानीं गईं तो शिक्षक दिवस से वे खुद 24 घंटे की भूख हड़ताल करेंगे। पढ़ें पूरी खबर

दैनिक भास्कर 28 Aug 2026 7:36 pm

नितिन बने माध्यमिक शिक्षा निदेशक, आरा और मुजफ्फरपुर में नए SDO; बिहार में 6 IAS समेत 9 अफसर का ट्रांसफर

6 आईएएस और तीन बिहार प्रशासनिक सेवा के अधिकारियों की ट्रांसफर-पोस्टिंग का आदेश शुक्रवार को जारी किया गया। आरा और मुजफ्फरपुर में नए एसडीओ की तैनाती की गई है। वहीं, पदस्थापन की प्रतीक्षा में बैठे कुछ आईएएस अफसरों को नई जिम्मेदारी मिली है।

लाइव हिन्दुस्तान 28 Aug 2026 4:57 pm

स्कूली बच्चों और ब्रह्माकुमारी महिलाओं ने डीएम को बांधी राखी:शिक्षा व्यवस्था मजबूत रखने का लिया संकल्प

मुरादाबाद में रक्षाबंधन के अवसर पर आज स्कूली बच्चों और ब्रह्माकुमारी संस्था की महिलाओं ने जिलाधिकारी कार्यालय पहुंचकर डीएम को राखी बांधी। उन्होंने जिलाधिकारी को राखी बांधकर भाई-बहन के पवित्र रिश्ते का संदेश दिया और पर्व की शुभकामनाएं दीं। जिलाधिकारी ने बच्चों की राखियां स्वीकार कीं और उन्हें मिठाई खिलाकर रक्षाबंधन की शुभकामनाएं दीं। उन्होंने बच्चों को मन लगाकर पढ़ाई करने तथा अपने लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए निरंतर प्रयास करने का संदेश दिया। इस अवसर पर छात्राओं ने जिलाधिकारी के समक्ष शिक्षा व्यवस्था को और बेहतर बनाने तथा विद्यालयों में पढ़ाई के माहौल को सुदृढ़ बनाए रखने का संकल्प लिया। छात्राओं ने कहा कि वे नियमित रूप से पढ़ाई कर अपने भविष्य को बेहतर बनाएंगी और समाज के विकास में भी योगदान देंगी। ब्रह्माकुमारी संस्था से जुड़ी महिलाओं ने भी जिलाधिकारी को राखी बांधी और रक्षाबंधन की शुभकामनाएं दीं। जिलाधिकारी ने सभी को पर्व की बधाई देते हुए आपसी भाईचारा, प्रेम और सौहार्द बनाए रखने का संदेश दिया।

दैनिक भास्कर 28 Aug 2026 1:33 pm

कानपुर के डीएम जितेंद्र प्रताप सिंह को छात्रा ने बांधी राखी, भाई बनकर अधिकारी ने बहन की शिक्षा की राह को हमेशा के लिए कर दिया आसान

भारतीय संस्कृति में भाई-बहन के पवित्र प्रेम और रक्षा के पावन पर्व रक्षाबंधन पर कई बार ऐसी दिल को छू लेने वाली तस्वीरें सामने आती हैं, जो समाज में उम्मीद और प्रेरणा की एक नई किरण जगा देती हैं। उत्तर प्रदेश के औद्योगिक नगर कानपुर से एक ऐसा ही बेहद मार्मिक, अनोखा और दिल को झकझोर देने वाला मामला प्रकाश में आया है, जिसने हर किसी की आंखें नम कर दी हैं। कानपुर के जिलाधिकारी (DM) जितेंद्र प्रताप सिंह के कार्यालय में उस वक्त एक बेहद भावुक माहौल बन गया जब एक जरूरतमंद मेधावी छात्रा ने पहुंचकर उनकी कलाई पर राखी बांधी। इस दौरान जब जिला प्रशासन के मुखिया को उस बेटी ने अपना भाई माना, तो डीएम साहब ने भी एक बड़े भाई का फर्ज निभाते हुए न केवल उसका रक्षा सूत्र स्वीकार किया, बल्कि उसकी आगे की पढ़ाई में आने वाली सभी आर्थिक और प्रशासनिक बाधाओं को दूर करने का ऐतिहासिक ऐलान कर दिया। एक आईएएस अधिकारी द्वारा अपनी जिम्मेदारी से आगे बढ़कर एक साधारण परिवार की बेटी की शिक्षा की राह को आसान बनाने का यह वाकया इस समय सोशल मीडिया और पूरे उत्तर प्रदेश में चर्चा का सबसे बड़ा केंद्र बना हुआ है।रक्षाबंधन पर डीएम कार्यालय में सजा अनोखा और भावुक दरबारसावन पूर्णिमा के इस पावन अवसर पर देश भर में बहनें अपने भाइयों की लंबी उम्र की कामना करते हुए उनकी कलाई पर रक्षा सूत्र बांध रही थीं, लेकिन कानपुर के जिलाधिकारी कार्यालय में जो दृश्य देखने को मिला, वह आम परंपराओं से कहीं ज्यादा गहरा और प्रेरणादायक था। आर्थिक तंगी और विषम परिस्थितियों के बीच संघर्ष कर रही एक मेधावी छात्रा ने जब डीएम जितेंद्र प्रताप सिंह के कक्ष में प्रवेश किया, तो उनके मन में कई उम्मीदें थीं। छात्रा ने बिना किसी झिझक के अपनी राखी डीएम साहब की कलाई पर सजाई और उनके माथे पर तिलक लगाकर आशीर्वाद लिया। इस अप्रत्याशित और स्नेह से भरे पल ने वहां मौजूद सभी अधिकारियों और कर्मचारियों का दिल जीत लिया। एक प्रशासनिक अधिकारी के कड़े और व्यस्त चेहरे के पीछे छिपे एक संवेदनशील इंसान की यह झलक यह साबित करती है कि पद चाहे कितना भी बड़ा क्यों न हो, मानवीय संवेदनाएं और आत्मीय रिश्ते हमेशा सबसे ऊपर होते हैं।जब अधिकारी ने निभाया भाई का फर्ज और दूर की पढ़ाई की मुश्किलेंराखी बंधवाने के बाद जब कानपुर के डीएम जितेंद्र प्रताप सिंह को उस छात्रा की पारिवारिक पृष्ठभूमि और उसकी पढ़ाई में आ रही वित्तीय परेशानियों के बारे में पता चला, तो उन्होंने एक पल की भी देरी किए बिना तुरंत एक्शन लिया। उन्होंने उस छात्रा को अपनी छोटी बहन मानते हुए यह भरोसा दिलाया कि अब उसकी शिक्षा के सफर में कोई भी रुकावट नहीं आएगी। डीएम ने मौके पर ही संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि इस मेधावी बेटी की पढ़ाई-लिखाई, किताबों और स्कूल की फीस से जुड़ी हरसंभव मदद जिला प्रशासन द्वारा सुनिश्चित की जाए। एक बड़े भाई की तरह प्रशासनिक मुखिया द्वारा उठाया गया यह कदम उस छात्रा के लिए किसी वरदान से कम नहीं था, जिसकी आंखों में खुशी के आंसू छलक आए। यह घटना इस बात की मिसाल है कि अगर अधिकारी संवेदनशील हों, तो वे अपनी कलम की ताकत से किसी भी जरूरतमंद की तकदीर और तस्वीर दोनों को बदल सकते हैं।शिक्षा के महत्व और प्रशासनिक संवेदनशीलता का अनूठा संगमआज के इस दौर में जहां कई बार सरकारी व्यवस्थाओं और नौकरशाही की संवेदनहीनता को लेकर सवाल उठते हैं, वहीं कानपुर के डीएम जितेंद्र प्रताप सिंह का यह रुख पूरी प्रशासनिक मशीनरी के लिए एक अनुकरणीय उदाहरण पेश करता है। शिक्षा किसी भी देश और समाज की रीढ़ होती है, और जब कोई प्रतिभावान छात्र या छात्रा केवल पैसों की कमी के कारण अपनी पढ़ाई छोड़ने पर मजबूर हो जाती है, तो यह पूरे समाज की हार होती है। एक जिला मजिस्ट्रेट के पद पर रहते हुए जब कोई अधिकारी व्यक्तिगत तौर पर ऐसी बेटियों की जिम्मेदारी उठाता है, तो इससे समाज में यह सकारात्मक संदेश जाता है कि सरकार और प्रशासन आम जनता के वास्तविक सुख-दुख के साथ मजबूती से खड़े हैं। इस मुलाकात के बाद से ही कानपुर के स्थानीय नागरिकों और शैक्षणिक संस्थानों से जुड़े लोगों ने डीएम साहब की इस दरियादिल और मानवीय पहल की भूरी-भूरी प्रशंसा की है।समाज के लिए एक बड़ा संदेश और बदलता प्रशासनिक दृष्टिकोणकानपुर की इस घटना ने एक बार फिर से यह साबित कर दिया है कि रक्षाबंधन का यह पर्व केवल खून के रिश्तों तक सीमित नहीं है, बल्कि यह समाज के हर उस व्यक्ति के प्रति जिम्मेदारी का अहसास कराता है जिसे सहारे की जरूरत है। एक तरफ जहां तमाम लोग इस त्योहार को केवल औपचारिकता मानकर मनाते हैं, वहीं दूसरी तरफ इस तरह की घटनाएं मानवीय रिश्तों की परिभाषा को और अधिक विस्तृत और मजबूत बनाती हैं। छात्रा और डीएम साहब के बीच की इस भावनात्मक और प्रशासनिक पहल ने यह दिखा दिया कि यदि प्रशासनिक पदों पर बैठे लोग थोड़ी सी सहानुभूति और संवेदनशीलता दिखाएं, तो समाज के कई अंधेरे कोनों में उम्मीद की रोशनी पहुंचाई जा सकती है। यह प्रेरणादायक वाकया आने वाले समय में अन्य अधिकारियों और सक्षम नागरिकों को भी आगे आने और जरूरतमंद बच्चों की शिक्षा में मदद करने के लिए प्रेरित करता रहेगा।

न्यूज़ इंडिया लाइव 28 Aug 2026 1:12 pm

फेल नहीं होंगे बिहार के विद्यार्थी; सम्राट के शिक्षा मंत्री का बड़ा ऐलान; मार्क्स शीट पर FAIL नहीं लिखा जाएगा

शिक्षा विभाग ने फैसला किया है कि मैट्रिक और इंटर की परीक्षाओं के मार्क्स शीट पर फेल शब्द नहीं दिखेगा। यह जानकारी विभागीय मंत्री मिथलेश तिवारी ने दी है।

लाइव हिन्दुस्तान 28 Aug 2026 12:48 pm

बीटीएससी: बिहार स्टाफ नर्स भर्ती परीक्षा का फाइनल रिजल्ट घोषित; 7,376 अभ्यर्थी चयनित, क्या है अगला चरण? जानें

बिहार तकनीकी सेवा आयोग ने स्टाफ नर्स भर्ती परीक्षा 2026 का रिजल्ट जारी कर दिया है। परीक्षा में सफल 7,376 अभ्यर्थियों का चयन किया गया है। अब चयनित उम्मीदवारों को भर्ती प्रक्रिया के अगले चरण में शामिल होना होगा।

अमर उजाला 28 Aug 2026 11:48 am

अच्छी खबर: हिमाचल में 870 पदों पर फिजिकल एजुकेशन टीचर्स की भर्ती प्रक्रिया शुरू, शिक्षा मंत्री ने दी जानकारी

हिमाचल प्रदेश के सरकारी स्कूलों में 870 शारीरिक शिक्षकों की भर्ती प्रक्रिया शुरू हो गई है, जिसकी जानकारी शिक्षा मंत्री रोहित ठाकुर ने दी।

जागरण 28 Aug 2026 11:06 am

58 साल के शिक्षक अनिरुद्धलाल ने पास की TET परीक्षा:सेवानिवृत्ति की उम्र में शिक्षा मित्र के ताने के बाद हासिल की सफलता

संतकबीरनगर के मेंहदावल ब्लॉक के पूर्व माध्यमिक विद्यालय कुसौनां खुर्द के 58 वर्षीय शिक्षक अनिरुद्धलाल ने सेवानिवृत्ति की उम्र में शिक्षक पात्रता परीक्षा (TET) उत्तीर्ण कर एक मिसाल कायम की है। उन्होंने वर्ष 2026 में बुधवार को देर रात आए परिणाम में यह परीक्षा पास की। अनिरुद्धलाल के अनुसार, यह उपलब्धि एक शिक्षा मित्र द्वारा दिए गए ताने का परिणाम है। शिक्षा मित्र ने उनसे कहा था कि पुराने शिक्षक टीईटी जैसी कठिन परीक्षा पास नहीं कर सकते, जिसके लिए दिन-रात एक करना पड़ता है। इस टिप्पणी से आहत होकर, अनिरुद्धलाल ने परीक्षा पास करने का दृढ़ संकल्प लिया। उन्होंने तुरंत टीईटी की तैयारी शुरू कर दी, क्योंकि इस परीक्षा के लिए कोई ऊपरी आयु सीमा निर्धारित नहीं है। उनका परीक्षा केंद्र गोरखपुर के एक विद्यालय में पड़ा था, जहाँ वे सबसे अधिक उम्र के परीक्षार्थी थे। कुछ लोगों ने उनका मजाक उड़ाया, जबकि कई अन्य ने उनके प्रयास की सराहना की। टीईटी पास किए शिक्षक ने बताया कि उम्र की पढ़ाई की कोई सीमा नही होती है। अगर आपके अंदर किसी भी तरह का कुछ भी पाने का जुनून है तो वह कड़े परिश्रम व सफलता से पाया जा सकता है। 30 साल के बाद मैने पढ़ाई शुरू की, और दो महीने की कठिन परिश्रम के बाद यह सफलता प्राप्त की है। इस परीक्षा देने का उद्देश्य यह था कि अपने से जूनियर को यह दिखाना और एहसास कराना था कि पढ़ाई की कोई उम्र नहीं होती है। और ज्ञान हमेशा अधूरा रहता है।

दैनिक भास्कर 28 Aug 2026 9:12 am

महंगाई पर कांग्रेस की अनोखी बारात, शिक्षा व्यवस्था सुधारने बरसते पानी में उतरी एबीवीपी

भास्कर संवाददाता| विदिशा मध्य प्रदेश के विदिशा में गुरुवार को जनसमस्याओं, बढ़ती महंगाई और छात्र हितों से जुड़े ज्वलंत मुद्दों को लेकर जबरदस्त सियासी व सामाजिक गर्माहट देखने को मिली। जिला कांग्रेस कमेटी और अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (एबीवीपी) ने अलग-अलग मांगों को लेकर एक ही दिन सड़कों पर उतरकर शासन-प्रशासन के खिलाफ पूरी ताकत से मोर्चा खोला, जिससे दिनभर शहर का राजनीतिक पारा चढ़ा रहा। एक तरफ जहां नगर कांग्रेस ने आसमान छूती महंगाई और लाड़ली बहना योजना की विसंगतियों के खिलाफ अनूठा, व्यंग्यात्मक और प्रतीकात्मक प्रदर्शन आयोजित कर सरकार को कटघरे में खड़ा किया, वहीं दूसरी तरफ एबीवीपी कार्यकर्ताओं ने शासकीय महाविद्यालयों के जर्जर भवनों, खस्ताहाल इंफ्रास्ट्रक्चर और बुनियादी सुविधाओं के गंभीर अभाव के विरोध में बरसते पानी के बीच कलेक्टोरेट का जोरदार घेराव किया। एबीवीपी के इस उग्र प्रदर्शन के दौरान आक्रोशित छात्रों और पुलिस बल के बीच तीखी झड़प तथा धक्का-मुक्की भी देखने को मिली, जिसमें प्रदर्शनकारी पुलिस का पहला सुरक्षा घेरा और बैरिकेड्स तोड़ते हुए आगे बढ़ गए। एक ही दिन में हुए इन दो बड़े और आक्रामक अभियानों ने प्रशासनिक अमले की नींद उड़ा दी । नगर कांग्रेस कमेटी ने बढ़ती महंगाई के खिलाफ माधवगंज चौराहे से तिलक चौक तक व्यंग्यात्मक शैली में रैली निकाली। प्रदर्शन में एक व्यक्ति साड़ी पहनकर तेल की शीशी लिए तथा दूसरा प्याज की माला पहने नजर आया। शक्कर से भरे ठेले की सुरक्षा के लिए प्लास्टिक की बंदूकें लिए लोग और दुल-दुल घोड़ी साथ चल रही थी, वहीं महिला कांग्रेस अध्यक्ष नीतू राजपूत चुटकी भर शक्कर बांटती दिखीं। जिला कांग्रेस अध्यक्ष और नगर अध्यक्ष रवि साहू ने आरोप लगाते हुए कहा कि लाड़ली बहना योजना के नाम पर जनता को लॉलीपॉप देकर बिजली बिल और दैनिक सामानों के जरिए भारी वसूली की जा रही है।

दैनिक भास्कर 28 Aug 2026 5:30 am

5 साल में बढ़ गए 4 गुना से अधिक कोर्स:MGUG का रोजगारपरक शिक्षा पर जोर; CM योगी हैं कुलाधिपति

महायोगी गोरखनाथ विश्वविद्यालय गोरखपुर (MGUG) का शुक्रवार, 28 अगस्त को 5वां स्थापना दिवस है। 12 कोर्सेज के साथ 2021 में शुरू हुए इस विश्वविद्यालय में 5 साल के भीतर 4 गुना से अधिक कोर्स संचालित हो रहे हैं। इस समय यहां 53 विशिष्ट और रोजगारपरक पाठ्यक्रम संचालित हो रहे हैं। पूर्वी उत्तर प्रदेश में इस विश्वविद्यालय ने उच्च, विशिष्ट, रोजगारपरक और चिकित्सा शिक्षा को नई राह दिखाई है। 5 साल में एमबीबीएस, बीएएमएस सहित 4 दर्जन से अधिक रोजगारपरक पाठ्यक्रमों की शुरूआत हुई है। शोध अनुसंधान के लिए कई प्रतिष्ठित संस्थाओं के साथ एमओयू कर इस विवि ने शैक्षिक प्रोद्योगिकी और गुणपत्ता पर विशेष जोर दिया है। तत्कालीन राष्ट्रपति के हाथों हुआ था लोकार्पण 28 अगस्त 2021 को तत्कालीन राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद के हाथों लोकार्पित महायोगी गोरखनाथ विश्वविद्यालय 5 वर्ष में ही शिक्षा के विशिष्ट व प्रमुख केंद्र के रूप में विख्यात हो चुका है। यहां भारतीय ज्ञान मूल्यों का संरक्षण व संवर्धन, वर्तमान और भावी समय को ध्यान में रखकर अनुसंधानिक तरीके से किया जा रहा है। राष्ट्रीय शिक्षा नीति के परिप्रेक्ष्य में यहां पाठ्यक्रम ऐसे हैं जो समाज के लिए लाभकारी, विद्यार्थी के लिए सहज रोजगारदायी हैं। इस विश्वविद्यालय के कुलाधिपति (गोरक्षपीठाधीश्वर एवं मुख्यमंत्री) योगी आदित्यनाथ की मंशा 2032 तक गोरखपुर को 'नॉलेज सिटी' के रूप में ख्यातिलब्ध कराने की है। 10 दिसम्बर 2018 को महाराणा प्रताप शिक्षा परिषद के संस्थापक सप्ताह समारोह में आए तत्कालीन राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने परिषद के शताब्दी वर्ष 2032 तक गोरखपुर को नॉलेज सिटी बनाने का आह्वान किया था। MGUG के कुलसचिव डॉ. प्रदीप कुमार राव बताते हैं कि इस विश्वविद्यालय की नींव में युग पुरुष ब्रह्मलीन महंत दिग्विजयनाथ व राष्ट्रसंत ब्रह्मलीन महंत अवेद्यनाथ के विचार हैं। उनका जिनका मानना था कि दासता से मुक्ति, स्वावलंबन व सामाजिक विकास के लिए शिक्षा ही सबसे सशक्त माध्यम है। वर्तमान गोरक्षपीठाधीश्वर एवं कुलाधिपति योगी आदित्यनाथ इसी वैचारिक परंपरा के संवाहक हैं। उनके मार्गदर्शन में इस विश्वविद्यालय का लक्ष्य भारतीय ज्ञान मनीषा के आलोक में मूल्य संवर्धित, रोजगारपरक उस शिक्षा को बढ़ावा देना है जो समग्र रूप में सामाजिक व राष्ट्रीय हितों का पोषण कर सके। बीएएमएस और एमबीबीएस के विद्यार्थियों को मिली विशेष उपलब्धि MGUG के बीएएमएस और एमबीबीएस के विद्यार्थियों ने राष्ट्रीय स्तर पर विशेष उपलब्धि हासिल कर पूरे प्रदेश का मान बढ़ाया है। बीएएमएस के विद्यार्थियों को प्रति वर्ष औसतन पांच विशिष्ट अनुसंधान के लिए चयनित किया जा रहा है तो एमबीबीएस के दो विद्यार्थियों को राष्ट्रीय स्तर के शोध अनुसंधान के लिए चयनित किया गया। निजी विश्वविद्यालय के रूप में ऐसी उपलब्धि हासिल करने वाला एमजीयूजी राज्य का पहला विश्वविद्यालय है। शोध, नवाचार व स्टार्टअप को बढ़ावा देने वाले एमओयूशिक्षा और चिकित्सा के क्षेत्र में शोध-अनुसंधान, नवाचार और स्टार्टअप्स को बढ़ावा देने के लिए एमजीयूजी ने अंतरराष्ट्रीय चावल अनुसंधान संस्थान (ईरी), लुम्बिनी बौद्ध विश्वविद्यालय नेपाल, दक्षिण बिहार केंद्रीय विश्वविद्यालय, इंदिरा गांधी राष्ट्रीय जनजाति विश्वविद्यालय, एम्स गोरखपुर, केजीएमयू लखनऊ, आरएमआरसी गोरखपुर, महायोगी गुरु गोरखनाथ आयुष विश्वविद्यालय, दीनदयाल उपाध्याय गोरखपुर विश्वविद्यालय, भारतीय उद्यमिता विकास संस्थान अहमदाबाद, वैद्यनाथ आयुर्वेद, इंडो-यूरोपियन चैंबर ऑफ स्माल एंड मीडियम इंटरप्राइजेज, बाबा साहब भीमराव अंबेडकर विश्वविद्यालय लखनऊ, राष्ट्रीय वनस्पति अनुसंधान संस्थान, राष्ट्रीय कृषि उपयोगी सूक्ष्मजीव ब्यूरो, भारतीय बीज विज्ञान संस्थान, जुबिलेंट एग्रीकल्चर रूरल डेवलपमेंट सोसाइटी, लॉजिस्टिक सेक्टर स्किल काउंसिल आदि के साथ एमओयू किया है। अत्याधुनिक और आयुर्वेद, दोनों पद्धतियों से उत्कृष्ट चिकित्सा का केंद्रएमजीयूजी शिक्षा के साथ ही परिसर में संचालित अस्पतालों के जरिये काफी किफायती दर पर मॉडर्न मेडिसिन और आयुर्वेद, दोनों की उत्कृष्ट चिकित्सा का केंद्र भी बन गया है। इसके मेडिकल कॉलेज से संबद्ध अस्पताल में जटिल कैंसर तक की सर्जरी का सफलतापूर्वक इलाज हो रहा है। यहां पूर्वी उत्तर प्रदेश के अलावा देश के अन्य राज्यों से भी मरीज इलाज कराने का रहे हैं। इसी तरह आयुर्वेद अस्पताल में भी उच्च स्तरीय इलाज की सुविधा है। आयुर्वेद अस्पताल के विश्व स्तरीय 11 कॉटेज वाले पंचकर्म केंद्र ने कम समय में ही विश्वसनीय उपचार की ख्याति अर्जित की है। यहां कई दुर्लभ बीमारियों का सफल इलाज हो चुका है। 5 साल में हुआ दो राष्ट्रपति का आगमनएमजीयूजी निजी क्षेत्र का संभवतः प्रदेश का पहला विश्वविद्यालय है जहां पांच साल के दौरान दो बार राष्ट्रपति का आगमन हुआ। 28 अगस्त 2021 को तत्कालीन राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद इसका लोकार्पण करने आए थे। जबकि एक जुलाई 2025 को वर्तमान राष्ट्रपति द्रोपदी मुर्मु यहां अकादमिक भवन, ऑडिटोरियम और पंचकर्म चिकित्सा केंद्र का लोकार्पण करने आईं थीं। पांचवां स्थापना दिवस समारोह शुक्रवार कोमहायोयी गोरखनाथ विश्वविद्यालय गोरखपुर में 28 अगस्त (शुक्रवार) को पांचवां स्थापना समारोह मनाया जाएगा। दोपहर बाद 3 बजे से होने वाले समारोह में मुख्यमंत्री एवं इस विश्वविद्यालय के कुलाधिपति योगी आदित्यनाथ अपने आशीर्वचन से विद्यार्थियों का मार्गदर्शन करेंगे। इन कोर्सेज का होता है संचालन इस विश्वविद्यालय में श्री गोरक्षनाथ मेडिकल कॉलेज हॉस्पिटल एंड रिसर्च सेंटर में एमबीबीएस और गुरु गोरक्षनाथ इंस्टिट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज में बीएएमएस की पढ़ाई का सफलतापूर्वक संचालन हो रहा है। इसके अलावा विश्वविद्यालय की नर्सिंग फैकल्टी में दर्जनभर रोजगारदायी पाठ्यक्रम पूर्ण क्षमता से संचालित हैं। विश्वविद्यालय में मेडिकल साइंस, नर्सिंग, पैरामेडिकल, एग्रीकल्चर, एलॉयड हेल्थ साइंसेज और फार्मेसी, बिजनेस एडमिनिस्ट्रेशन से संबंधित डिप्लोमा से लेकर मास्टर और पीएचडी तक के चार दर्जन से अधिक पाठ्यक्रम हैं। दो वर्षीय एएनएम, तीन वर्षीय जीएनएम, चार वर्षीय बीएससी नर्सिंग, दो वर्षीय पोस्ट बेसिक बीएससी नर्सिंग, दो वर्षीय एमएससी नर्सिंग, डिप्लोमा इन डायलिसिस, डिप्लोमा इन आप्टिमेट्री, डिप्लोमा इन इमरजेंसी एंड ट्रामा केयर, डिप्लोमा इन एनेस्थिसिया एंड क्रिटिकल केयर, डिप्लोमा इन आर्थोपेडिक एंड प्लास्टर टेक्निशियन, डिप्लोमा इन लैब टेक्निशियन (सभी दो वर्षीय), चार वर्षीय बीएससी एग्रीकल्चर, बीएससी ऑनर्स बॉयोटेक्नालोजी, बीएससी आनर्स बॉयोकेमिस्ट्री, बीएससी आनर्स माइक्रोबॉयोलोजी, बीएससी फोरेंसिक साइंस, दो वर्षीय एमएससी बॉयोटेक्नालोजी। तीन वर्षीय एमएससी मेडिकल बॉयोकेमिस्ट्री, तीन वर्षीय एमएससी मेडिकल माइक्रोबॉयोलोजी, एमएससी फोरेंसिक साइंस, दो वर्षीय एमएससी एनवायरमेंटल साइंस, एमएससी एग्रोनोमी, एमएससी हॉर्टिकल्चर, एमएससी प्लांट पैथालॉजी, एमएससी जेनेटिक्स एंड प्लांट ब्रीडिंग, चार वर्षीय बी फार्मा, दो वर्षीय डी फार्मा, बीबीए लॉजिस्टिक, बीबीए ई कॉमर्स, एमबीए फार्मा मैनेजमेंट, एमबीए एग्री बिजनेस मैनेजमेंट, एमबीए फाइनेंस एंड मार्केटिंग,एमबीए इन हॉस्पिटल एडमिनिस्ट्रेशन, और पीएचडी (बायो टेक्नोलॉजी, आयुर्वेद, मेडिकल बायोकेमिस्ट्री, मेडिकल माइक्रोबायोलॉजी, एग्रीकल्चर, फोरेंसिक साइंस, फार्मेसी, कॉमर्स एंड मैनेजमेंट), बीसीए और एमसीए आदि।

दैनिक भास्कर 28 Aug 2026 5:00 am

Karnal News: लंबित राज्य शिक्षक पुरस्कारों की घोषणा, 78 शिक्षकों को मिलेगा सम्मान, शिक्षा मंत्री के जिले से सर्वाधिक 13 नाम

लंबित राज्य शिक्षक पुरस्कारों की घोषणा, 78 शिक्षकों को मिलेगा सम्मान, शिक्षा मंत्री के जिले से सर्वाधिक 13 नाम

अमर उजाला 28 Aug 2026 2:15 am

Karnal News: परिसर एक स्कूल चार, अलग-अलग कक्षाओं के विद्यार्थियों को एकसाथ दी जा रही शिक्षा

परिसर एक स्कूल चार, अलग-अलग कक्षाओं के विद्यार्थियों को एकसाथ दी जा रही शिक्षा

अमर उजाला 28 Aug 2026 1:52 am

एफएलएन प्रशिक्षण : बुनियादी शिक्षा को बेहतर बनाने पर जोर

एफएलएन प्रशिक्षण : बुनियादी शिक्षा को बेहतर बनाने पर जोर

अमर उजाला 28 Aug 2026 1:45 am

Udham Singh Nagar News: सीएम धामी ने शिक्षा-रोजगार और कौशल विकास पर खुलकर की चर्चा

सीएम धामी ने शिक्षा-रोजगार और कौशल विकास पर खुलकर की चर्चा

अमर उजाला 28 Aug 2026 1:45 am

Mahendragarh-Narnaul News: रसायन पढ़ाते-पढ़ाते राकेश ने बदली शिक्षा की तस्वीर

शिक्षा के क्षेत्र में नवाचार, समर्पण और बेहतर काम के लिए गांव पटीकरा निवासी राकेश कुमार को शिक्षक दिवस पर प्रतिष्ठित राज्य शिक्षक पुरस्कार से सम्मानित किया जाएगा।

अमर उजाला 28 Aug 2026 1:44 am

Yamuna Nagar News: शिक्षा के साथ सामाजिक सरोकार ने दिलाया राज्य शिक्षक पुरस्कार

राजकीय प्राथमिक पाठशाला मिल्क खास में कार्यरत जेबीटी शिक्षक पवन कुमार कश्यप को राज्य शिक्षक पुरस्कार 2025 के लिए चुना गया है।

अमर उजाला 28 Aug 2026 1:37 am

बेगूसराय से शुरू होगा स्कूल बचाओ-शिक्षा बचाओ अभियान, AISF ने सरकार पर साधा निशाना

27 अगस्त, गुरुवार: बेगूसराय के बछवाड़ा में AISF के अंचल सम्मेलन में राष्ट्रीय सचिव अमीन हमजा ने स्कूल बचाओ-शिक्षा बचाओ-देश बचाओ अभियान चलाने का ऐलान किया। उन्होंने नई शिक्षा नीति को लेकर सवाल उठाए। सम्मेलन के दौरान सीएम सम्राट चौधरी का पुतला भी जलाया गया।

लाइव हिन्दुस्तान 27 Aug 2026 8:26 pm

How JEE Mains Previous Year Papers Help You Score 99+ Percentile?

All toppers stress the importance of solving previous years’ question papers to understand the pattern of questions and not just mug up.

खास खबर 27 Aug 2026 6:08 pm

थारू छात्राओं ने बांधी राखी, मिला शिक्षा का उपहार:बलरामपुर फर्स्ट ने नेपाल सीमावर्ती क्षेत्र की बेटियों को दीं पुस्तकें

बलरामपुर। नेपाल सीमावर्ती क्षेत्र में थारू जनजाति की प्रतियोगी छात्राओं के लिए रक्षाबंधन का पर्व इस बार प्रेरणादायी अवसर बन गया। बिशुनपुर विश्राम क्षेत्र में प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहीं इन छात्राओं ने गुरुवार दोपहर बलरामपुर फर्स्ट टीम के सदस्यों को राखी बांधी। इसके जवाब में संगठन ने उन्हें प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए उपयोगी पुस्तकें भेंट कीं, जो शिक्षा और आत्मनिर्भरता का प्रतीक थीं। मुख्यमंत्री अभ्युदय कोचिंग योजना के कोर्स कोऑर्डिनेटर सचिन कुमार सिंह, शिक्षक रवि मिश्रा, शिक्षक राहुल कुमार और आदिति त्रिपाठी को छात्राओं ने राखी बांधी। राखी बांधते समय छात्राओं के चेहरों पर खुशी और उम्मीद साफ झलक रही थी। पुस्तकें मिलने के बाद उनकी खुशी एक नए संकल्प में बदल गई, जिसमें उन्होंने मेहनत कर लक्ष्य हासिल करने की बात कही। हेमा, अनीशा, चांदनी, रंजना, नीलू, कल्पना और संजना सहित अन्य छात्राओं के लिए प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी आसान नहीं है। सीमित संसाधनों के बावजूद ये छात्राएं अपने भविष्य को संवारने के लिए लगातार प्रयास कर रही हैं। ऐसे में बलरामपुर फर्स्ट द्वारा दी गईं ये पुस्तकें उनके लिए केवल उपहार नहीं, बल्कि उनकी प्रतिभा पर जताया गया भरोसा और उनके सपनों को मिला एक मजबूत सहारा हैं। संगठन की ओर से यह संदेश दिया गया कि प्रतिभा किसी सुविधा की मोहताज नहीं होती। आवश्यकता केवल सही मार्गदर्शन, पर्याप्त संसाधन और उचित अवसरों की होती है। थारू समाज की बेटियों को शिक्षा से जोड़कर उन्हें प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए तैयार करना इसी सोच का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है। बलरामपुर फर्स्ट के संयोजक सर्वेश कुमार सिंह ने बताया कि नेपाल सीमावर्ती क्षेत्र में रहने वाले थारू जनजाति के छात्र-छात्राओं में प्रतिभा की कोई कमी नहीं है। उन्हें केवल उचित मार्गदर्शन और संसाधन उपलब्ध कराने की जरूरत है। उन्होंने कहा कि संगठन का लक्ष्य है कि थारू समाज की बेटियां शिक्षा के माध्यम से अपने सपनों को साकार करें, आत्मनिर्भर बनें और समाज के विकास में सक्रिय भूमिका निभाएं। सिंह ने जोर देकर कहा कि एक बेटी की शिक्षा केवल उसके व्यक्तिगत भविष्य को ही नहीं बदलती, बल्कि पूरे परिवार और समाज की दिशा बदलने की क्षमता रखती है। इसलिए, प्रतिभाशाली थारू छात्राओं को आगे बढ़ाने के लिए समाज के सक्षम लोगों और विभिन्न संगठनों को आगे आना चाहिए।

दैनिक भास्कर 27 Aug 2026 5:32 pm

कबिरुद्दीनपुर स्कूल में रक्षाबंधन पर बच्चों ने बीएसए को बांधी-राखी:छात्र-छात्राओं को शिक्षा के प्रति सजग रहने और अनुशासन का पालन कर आगे बढ़ने के लिए किया प्रेरित

जौनपुर के उच्च प्राथमिक विद्यालय कबिरुद्दीनपुर में गुरुवार को रक्षाबंधन का पर्व हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। दोपहर करीब 1 बजे जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी (बीएसए) समीर के विद्यालय पहुंचने पर छात्र-छात्राओं में उत्साह देखने को मिला। बच्चों ने बीएसए की कलाई पर राखी बांधकर रक्षाबंधन की शुभकामनाएं दीं। बच्चों के स्नेह से अभिभूत बीएसए समीर ने उन्हें आशीर्वाद देते हुए उज्ज्वल भविष्य की कामना की। उन्होंने छात्र-छात्राओं से संवाद कर शिक्षा के प्रति सजग रहने, अनुशासन का पालन करने और मेहनत के साथ जीवन में आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया। देखिए 3 तस्वीरें… बीएसए ने कहा कि बच्चों को पढ़ाई के साथ अच्छे संस्कार और अनुशासन को भी अपने जीवन का हिस्सा बनाना चाहिए। उनके प्रेरणादायी संबोधन से बच्चों में उत्साह नजर आया। विद्यालय परिवार ने बीएसए के आगमन को प्रेरणादायी क्षण बताया। इस दौरान विंध्यवासिनी उपाध्याय, पूर्व ईआरपी महेंद्र यादव और प्रधानाध्यापक अचल हरिमूर्ति समेत विद्यालय परिवार के अन्य सदस्य मौजूद रहे। इस कार्यक्रम के अंत में विद्यालय परिवार की ओर से क्षेत्रवासियों, अभिभावकों और बच्चों को रक्षाबंधन पर्व की शुभकामनाएं दी गईं।

दैनिक भास्कर 27 Aug 2026 5:14 pm

डिंडौरी के बजाग आकांक्षी ब्लॉक की समीक्षा बैठक:सीईओ ने 38 संकेतकों पर की चर्चा, शिक्षा-स्वास्थ्य पर जोर

डिंडौरी में गुरुवार को आकांक्षी विकासखंड बजाग में विकास योजनाओं की प्रगति की समीक्षा की गई। जिला पंचायत सीईओ दिव्यांशु चौधरी ने जनपद पंचायत सभाकक्ष में यह बैठक ली। सीईओ ने स्पष्ट किया कि आकांक्षी विकासखंड कार्यक्रम शासन की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है, इसलिए किसी भी योजना में लापरवाही या अनदेखी बर्दाश्त नहीं की जाएगी। बैठक में स्वास्थ्य, शिक्षा, महिला एवं बाल विकास, कृषि, पशुपालन, लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी और आजीविका मिशन सहित विभिन्न विभागों के कार्यों से जुड़े 38 प्रमुख संकेतकों की समीक्षा हुई। बेहतर प्रदर्शन वाले क्षेत्रों और सुधार की आवश्यकता वाले संकेतकों पर चर्चा कर आगामी कार्ययोजना तैयार की गई। सीईओ ने स्वास्थ्य विभाग को गर्भवती एवं धात्री महिलाओं की नियमित निगरानी, कम वजन वाले बच्चों की संख्या घटाने और टीबी मरीजों को निक्षय पोषण किट उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। कुपोषित बच्चों की पहचान कर उन्हें पोषण पुनर्वास केंद्रों में भर्ती कराने पर भी जोर दिया गया। शिक्षा विभाग को 10वीं और 12वीं की बोर्ड परीक्षाओं के परिणाम सुधारने के लिए विशेष रणनीति बनाने के निर्देश दिए गए। साथ ही, 60 प्रतिशत से कम अंक प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों के लिए उपचारात्मक कक्षाएं (रेमेडियल क्लास) संचालित करने को कहा गया। समीक्षा के दौरान 'हर घर नल-जल योजना', स्व-सहायता समूहों के विस्तार, जन्म-मृत्यु पंजीकरण, मलेरिया नियंत्रण और एफएमडी टीकाकरण की प्रगति भी जांची गई। अधिकारियों को सभी योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित कर निर्धारित समय-सीमा में लक्ष्य हासिल करने के निर्देश दिए गए।

दैनिक भास्कर 27 Aug 2026 5:03 pm

10वीं-12वीं में सीधे प्रवेश-विद्यालय परिवर्तन के दस्तावेज करें अपलोड:शिक्षा बोर्ड की हिदायत, विद्यालय एक माह में बोर्ड वेबसाइट पर 31 से करे अपडेट

हरियाणा विद्यालय शिक्षा बोर्ड के अध्यक्ष शंकर लाल धूपड़ एवं सचिव दीपक बाबूलाल करवा ने जारी प्रेस वक्तव्य में बताया कि प्रदेश के सभी संबंधित विद्यालय शैक्षिक सत्र 2026-27 के लिए कक्षा 10वीं एवं 12वीं में सीधा प्रवेश लेने वाले अथवा विद्यालय परिवर्तन किए जाने वाले विद्यार्थियों के अनिवार्य दस्तावेज विद्यालय में प्रवेश दिए जाने की अंतिम तिथि से एक माह तक बोर्ड की आधिकारिक वेबसाइट www.bseh.org.in पर दिए गए लिंक पर अपलोड करवाना सुनिश्चित करें। उन्होंने बताया कि सभी संबंधित विद्यालय मुखिया 31 अगस्त से बोर्ड की वेबसाइट पर उपलब्ध लिंक पर कक्षा 10वीं में दाखिला लेने के लिए कक्षा 9वीं का रिपोर्ट कार्ड व 10वीं कक्षा की अनुत्तीर्ण अंकतालिका, एसएलसी/टीसी की प्रमाणित प्रति एवं अन्य राज्यों से आने वाले छात्रों की सक्षम अधिकारी से प्रतिहस्ताक्षरित एसएलसी/टीसी अपलोड करवाना सुनिश्चित करें। दस्तावेज अपलोड करने होंगेउन्होंने बताया कि इसी प्रकार कक्षा 12वीं में दाखिला लेने के लिए कक्षा दसवीं का प्रमाण पत्र, कक्षा 11वीं का रिपोर्ट कार्ड व 12वीं की अनुत्तीर्ण अंकतालिका, एसएलसी/टीसी की प्रमाणित प्रति एवं अन्य राज्यों से आने वाले छात्रों की सक्षम अधिकारी से प्रतिहस्ताक्षरित एसएलसी/टीसी अपलोड करें। इसके अतिरिक्त विद्यालय ऐसे सभी विद्यार्थियों के माता-पिता से नोटरी द्वारा सत्यापित शपथ पत्र भी प्राप्त कर अपलोड करें। शपथ-पत्र का नमूना बोर्ड वेबसाइट पर उपलब्ध है।

दैनिक भास्कर 27 Aug 2026 4:47 pm

दो बार सड़क जाम के बाद पेंड्रावन पहुंचे शिक्षा मंत्री:छात्रों से की मुलाकात, सेल्फी लेकर बनाया वीडियो; स्टूडेंट्स बोले-पानी की समस्या भी दूर कराइए

शिक्षकों की कमी को लेकर दो बार सड़क पर उतरकर धमधा-खैरागढ़ मुख्य मार्ग जाम करने वाले पेंड्रावन के स्वामी आत्मानंद अंग्रेजी माध्यम स्कूल के छात्रों से मिलने गुरुवार को स्कूल शिक्षा मंत्री गजेंद्र यादव पहुंचे। प्रदर्शन खत्म होने के दो दिन बाद स्कूल पहुंचे मंत्री ने छात्र-छात्राओं से सीधे बातचीत की। मंत्री ने बताया कि छात्रों की मांग को देखते हुए उसी दिन जरूरी व्यवस्था करने के आदेश दे दिए गए थे। इस दौरान उन्होंने प्रदर्शन करने वाले छात्रों के साथ सेल्फी ली और वीडियो भी बनाया। छात्रों ने वीडियो में मंत्री को धन्यवाद दिया। मंत्री ने छात्रों से कहा, आपने फोन पर बात करने की बात कही थी, लेकिन हम खुद आपसे मिलने आए हैं। उन्होंने छात्रों को मन लगाकर पढ़ाई करने की बात कही। स्कूल में पहुंचे तीन नए शिक्षकों से भी मंत्री ने बात की और बेहतर पढ़ाई कराने के निर्देश दिए। मंत्री ने बताया कि एक और शिक्षक जल्द ही स्कूल में पदस्थ होगा। उन्होंने स्कूल का निरीक्षण किया और ग्रामीणों से भी बातचीत की। उन्होंने कहा कि फिलहाल स्कूल की व्यवस्थाएं ठीक हैं, लेकिन लगातार मॉनिटरिंग की जरूरत है। उन्होंने अधिकारियों को नियमित निगरानी रखने के निर्देश दिए गए। बोले- बच्चों की मांग पर उसी दिन निकाला आदेश पत्रकारों से बातचीत में शिक्षा मंत्री ने कहा कि जब उन्हें छात्रों के आंदोलन की जानकारी मिली, उसी समय विभागीय बैठक में निर्देश दिए गए। उन्होंने कहा कि छात्रों की मांग पर तीन शिक्षकों की तत्काल व्यवस्था की गई और प्राचार्य का दूसरी जगह तबादला कर दिया गया। अंडा गांव से नए प्राचार्य की व्यवस्था की गई है। 400 बच्चों के लिए मांगे थे 17 शिक्षक, आंदोलन के बाद 3 पहुंचे पेंड्रावन स्कूल में करीब 400 से 500 छात्र-छात्राएं पढ़ते हैं। छात्रों का कहना था कि 9वीं से 12वीं तक की पढ़ाई के लिए पर्याप्त शिक्षक नहीं हैं और उन्हें कम से कम 17 शिक्षकों की जरूरत है। खासकर आर्ट्स और कॉमर्स विषयों में शिक्षकों की कमी से पढ़ाई प्रभावित हो रही थी। इसी मांग को लेकर छात्रों ने 21 अगस्त और फिर 25 अगस्त को धमधा-खैरागढ़ मुख्य मार्ग पर चक्काजाम किया था। 25 अगस्त का प्रदर्शन करीब 12 घंटे चला और रात 12 बजे छात्रों ने शिक्षा मंत्री से फोन पर बातचीत और आश्वासन के बाद आंदोलन खत्म किया था। इसके बाद विभाग ने प्राचार्य को हटाने, तीन नए शिक्षकों की व्यवस्था करने और एक अन्य शिक्षक की जल्द पदस्थापना का निर्णय लिया। गुरुवार को शिक्षा मंत्री खुद स्कूल पहुंचे और नई व्यवस्था का जायजा लिया। पानी की समस्या बताई तो दो दिन में व्यवस्था के निर्देश स्कूल में बातचीत के दौरान एक छात्रा ने मंत्री को शिक्षकों की समस्या के अलावा पानी की परेशानी भी बताई। छात्रा ने स्कूल में पर्याप्त पानी और वाटर कूलर की व्यवस्था नहीं होने की बात कही। इस पर मंत्री ने अधिकारियों को तत्काल व्यवस्था सुधारने के निर्देश दिए। उन्होंने दो दिनों के भीतर स्कूल में पानी और वाटर कूलर की व्यवस्था करने की बात कही। स्कूल पहुंचने के बाद मंत्री ने प्रदर्शन में शामिल रहे छात्र-छात्राओं के साथ सेल्फी ली। इसके बाद बच्चों के साथ एक वीडियो भी बनाया गया, जिसमें छात्रों ने शिक्षा मंत्री को उनकी मांगों पर कार्रवाई के लिए धन्यवाद दिया। गांव के बच्चों को ई-पोर्टल से JEE-NEET की तैयारी कराने की योजना मंत्री ने कहा कि दुर्ग जिले के सभी हायर सेकेंडरी स्कूलों में पढ़ाई नियमित कराने पर विभाग का फोकस है। उन्होंने बताया कि दुर्ग में JEE और NEET की तैयारी की व्यवस्था की जा रही है। गांवों के विद्यार्थियों को भी इसका लाभ देने के लिए ई-पोर्टल के जरिए बड़े कोचिंग संस्थानों और उनके फैकल्टी की मदद से विशेष कोचिंग उपलब्ध कराने की योजना है। उन्होंने कहा कि स्कूलों में विषयवार विशेषज्ञों की मदद से पढ़ाई बेहतर करने का प्रयास किया जाएगा। इसके लिए गुरुवार शाम 5 बजे दुर्ग जिले के हायर सेकेंडरी स्कूलों को लेकर संयुक्त संचालकों की बैठक भी रखी गई थी। ………………………… इससे जुड़ी ये खबर भी पढ़ें… दुर्ग में स्कूली बच्चों का चक्काजाम, प्रिंसिपल हटाए गए:बोले- 400 स्टूडेंट्स को पढ़ाने सिर्फ 4 टीचर; 3 शिक्षकों की व्यवस्था की गई छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले के पेंड्रावन आत्मानंद स्कूल में 9वीं से 12वीं तक करीब 400 छात्र-छात्राएं पढ़ते हैं, लेकिन स्कूल में सिर्फ 3 टीचर और 1 प्रिंसिपल हैं। बच्चों का कहना है कि टीचरों की कमी के कारण उनका कोर्स पूरा नहीं हो पाता। कम से कम 17 शिक्षक होने चाहिए। पढ़ें पूरी खबर…

दैनिक भास्कर 27 Aug 2026 4:34 pm

job news 2026: केनरा बैंक में निकली हैं कई पदों के लिए वैकेंसी, कर सकते हैं आप भी आवेदन

इंटरनेट डेस्क। आपको नौकरी की तलाश हैं तो फिर ये खबर आपके लिए काम की है। जी हां केनरा बैंक सिक्योरिटीज लिमिटेड ने मुंबई और बेंगलुरु में 10 पदों पर भर्ती निकाली है। ये भर्तियां डीपी बैक ऑफिस, रिस्क मैनेजमेंट, कंप्लायंस, इंस्टीट्यूशनल डीलर और रिसर्च विभाग में की जाएंगी। भर्ती संविदा (कॉन्ट्रैक्ट) के आधार पर होगी। इच्छुक उम्मीदवार 15 सितंबर 2026 तक आवेदन कर सकते है। कुल पद-10 योग्यता- पदों के अनुसार पदों का नाम-डीपी बैक ऑफिस, रिस्क मैनेजमेंट, कंप्लायंस, इंस्टीट्यूशनल डीलर आवेदन- ऑनलाइन आयु सीमा- उम्र 20 से 30 वर्ष के बीच होनी चाहिए। सैलेरी- पदों के अनुसार ज्यादा जानकारी के लिए आप वेबसाइट www.canmoney.in देख सकते हैं pc- economictimes.indiatimes.com

राजस्थान खबरे 27 Aug 2026 2:37 pm

NFC Apprentice 2026: एनएफसी में ट्रेड अप्रेंटिसशिप के लिए नोटिफिकेशन जारी, जान लें डिटेल्स

pc: jagran न्यूक्लियर फ्यूल कॉम्प्लेक्स (NFC) ने ITI ट्रेड अप्रेंटिस पदों पर भर्ती के लिए एक ऑफिशियल छोटा नोटिफिकेशन जारी किया है। NFC में अप्रेंटिस के तौर पर शामिल होने के इच्छुक कैंडिडेट जल्द ही अपने एप्लीकेशन ऑनलाइन जमा कर सकेंगे। इस रिक्रूटमेंट ड्राइव के ज़रिए, NFC में अप्रेंटिसशिप ट्रेनिंग के लिए 451 कैंडिडेट चुने जाएंगे। ऑर्गनाइज़ेशन ने अपनी ऑफिशियल वेबसाइट पर एक शुरुआती नोटिफिकेशन जारी किया है। एलिजिबिलिटी क्राइटेरिया, उम्र सीमा, स्टाइपेंड और दूसरी ज़रूरी शर्तों के बारे में डिटेल्ड नोटिफिकेशन में जानकारी दी जाएगी, जिसके जल्द ही जारी होने की उम्मीद है। स्टाइपेंड डिटेल्स अप्रेंटिसशिप प्रोग्राम के लिए चुने गए कैंडिडेट को उनकी ट्रेनिंग पीरियड के दौरान स्टाइपेंड मिलेगा। स्टाइपेंड की रकम उस ट्रेड के आधार पर अलग-अलग होने की उम्मीद है जिसमें कैंडिडेट चुना गया है। एप्लिकेंट को अपने संबंधित ट्रेड पर लागू सही स्टाइपेंड के लिए डिटेल्ड नोटिफिकेशन देखना चाहिए। NFC अप्रेंटिस भर्ती के लिए अप्लाई कैसे करें NFC ITI ट्रेड अप्रेंटिस भर्ती के लिए ऑनलाइन एप्लीकेशन प्रोसेस जल्द ही शुरू होगा। एप्लीकेशन विंडो खुलने के बाद, एलिजिबल कैंडिडेट अपना रजिस्ट्रेशन पूरा करने के लिए ये स्टेप्स फॉलो कर सकते हैं: NFC की ऑफिशियल वेबसाइट www.nfc.gov.in पर जाएं। होमपेज पर मौजूद संबंधित ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन सेक्शन में जाएं। सभी ज़रूरी पर्सनल, एजुकेशनल और दूसरी डिटेल्स ध्यान से डालें। बताए गए फॉर्मेट में ज़रूरी डॉक्यूमेंट्स की स्कैन की हुई कॉपी अपलोड करें। एप्लीकेशन फॉर्म को रिव्यू करें और सबमिट करें। आगे के रेफरेंस के लिए भरे हुए एप्लीकेशन फॉर्म की एक कॉपी डाउनलोड या प्रिंट कर लें। कौन अप्लाई कर सकता है? अप्रेंटिसशिप प्रोग्राम के लिए अप्लाई करने वाले कैंडिडेट को भारत के किसी मान्यता प्राप्त इंस्टीट्यूशन से क्लास 10 पास होना चाहिए। इसके अलावा, एप्लीकेंट के पास संबंधित ट्रेड में ITI सर्टिफिकेट होना ज़रूरी है। NFC रिक्रूटमेंट का डिटेल्ड नोटिफिकेशन अभी जारी नहीं हुआ है। इसलिए, कैंडिडेट को सलाह दी जाती है कि वे एप्लीकेशन की तारीखों, उम्र सीमा, ट्रेड के हिसाब से वैकेंसी, स्टाइपेंड, सिलेक्शन प्रोसेस और दूसरी एलिजिबिलिटी ज़रूरतों के बारे में अपडेट के लिए रेगुलर तौर पर ऑफिशियल NFC वेबसाइट देखते रहें। एप्लीकेंट को डिटेल्ड नोटिफिकेशन उपलब्ध होने पर उसे ध्यान से पढ़ना चाहिए और अपना एप्लीकेशन सबमिट करने से पहले यह पक्का कर लेना चाहिए कि वे सभी बताई गई शर्तों को पूरा करते हैं।

राजस्थान खबरे 27 Aug 2026 2:32 pm

India Post GDS recruitment 2026: 25,000 से ज़्यादा पोस्ट के लिए नोटिफिकेशन जारी, चेक करें डिटेल्स

pc: kalingatv डिपार्टमेंट ऑफ़ पोस्ट्स, मिनिस्ट्री ऑफ़ कम्युनिकेशंस ने इंडिया पोस्ट ग्रामीण डाक सेवक (GDS) ऑनलाइन एंगेजमेंट शेड्यूल-II, जुलाई 2026 के लिए ऑफिशियल रिक्रूटमेंट नोटिफिकेशन जारी किया है। एडवर्टाइजमेंट नंबर 17-12/2026-GDS के तहत जारी नोटिफिकेशन के मुताबिक, इस रिक्रूटमेंट ड्राइव से पोस्टल सर्कल में ब्रांच पोस्टमास्टर (BPM), असिस्टेंट ब्रांच पोस्टमास्टर (ABPM) और डाक सेवक पोस्ट के लिए 25,000 से ज़्यादा वैकेंसी भरी जाएंगी। जियोग्राफिक रेफरेंस वन-टाइम रजिस्ट्रेशन प्रोसेस 31 अगस्त, 2026 को शुरू होगा, जबकि ऑनलाइन एप्लीकेशन और फीस पेमेंट विंडो 2 सितंबर को शाम 5 बजे खुलेगी। कैंडिडेट 21 सितंबर, 2026 को शाम 5 बजे तक एप्लीकेशन जमा कर सकते हैं। वैकेंसी डिटेल्स इस रिक्रूटमेंट ड्राइव से BPM, ABPM और डाक सेवक रोल सहित GDS पोस्ट पर 25,000 से ज़्यादा वैकेंसी भरी जाएंगी। एलिजिबिलिटी क्राइटेरिया एप्लीकेंट को मैथ और इंग्लिश के साथ क्लास 10 पास होना चाहिए और उन्हें संबंधित लोकल भाषा का ज्ञान होना चाहिए। बेसिक कंप्यूटर नॉलेज और साइकिलिंग स्किल्स भी ज़रूरी हैं। उम्र सीमा 18 से 40 साल है, जिसकी कैलकुलेशन 21 सितंबर, 2026 के हिसाब से की जाएगी। तय नियमों के हिसाब से उम्र में छूट मिलेगी। एप्लीकेशन फीस और सर्विस की शर्तें UR, OBC और EWS कैटेगरी के पुरुष कैंडिडेट को Rs. 100 एप्लीकेशन फीस देनी होगी। SC, ST, PwBD, महिला और ट्रांसवुमन कैंडिडेट को फीस में छूट है। BPM को Rs. 12,000 से Rs. 29,380 का टाइम रिलेटेड कंटिन्यूटी अलाउंस (TRCA) मिलेगा, जबकि ABPM और डाक सेवकों को Rs. 10,000 से Rs. 24,470 मिलेंगे। काम करने की ज़रूरत रोज़ाना कम से कम चार घंटे और ज़्यादा से ज़्यादा पाँच घंटे है। चुने गए BPM को अपने खर्चे पर ब्रांच पोस्ट ऑफिस के लिए रहने की जगह का इंतज़ाम करना होगा और पोस्ट विलेज में रहना होगा। ABPM और डाक सेवकों को संबंधित पोस्ट ऑफिस के डिलीवरी जूरिस्डिक्शन में रहना होगा। इंडिया पोस्ट GDS सिलेक्शन प्रोसेस सिलेक्शन सिस्टम से बनी मेरिट लिस्ट के आधार पर होगा, जो क्लास 10 के मार्क्स का इस्तेमाल करके चार डेसिमल प्लेस तक कैलकुलेट की जाएगी। शॉर्टलिस्ट किए गए कैंडिडेट्स का फिजिकल डॉक्यूमेंट वेरिफिकेशन होगा, उसके बाद मेडिकल एग्जामिनेशन और प्री-एंगेजमेंट फॉर्मैलिटीज़ होंगी। इंडिया पोस्ट GDS रिक्रूटमेंट 2026 के लिए अप्लाई कैसे करें कैंडिडेट्स को ऑफिशियल इंडिया पोस्ट GDS ऑनलाइन एंगेजमेंट पोर्टल पर जाना चाहिए, अपने मोबाइल नंबर और ईमेल ID का इस्तेमाल करके OTR पूरा करना चाहिए, क्लास 10 की डिटेल्स डालनी चाहिए, पोस्टल डिवीजन और पोस्ट प्रेफरेंस चुननी चाहिए, ज़रूरी फोटो और सिग्नेचर अपलोड करने चाहिए, लागू फीस देनी चाहिए और डेडलाइन से पहले एप्लीकेशन जमा करनी चाहिए।

राजस्थान खबरे 27 Aug 2026 2:28 pm

बेसिक विद्यालय पहाड़पुर में राखी-मेहंदी प्रतियोगिता:खंड शिक्षा अधिकारी के प्रोत्साहन से बच्चों ने उत्साहपूर्वक दिखाई अपनी कलात्मक प्रतिभा

बेसिक विद्यालय पहाड़पुर महमूदाबाद में राखी पर्व के अवसर पर राखी मेकिंग प्रतियोगिता एवं मेहंदी प्रतियोगिता का आयोजन हर्षोल्लास के साथ किया गया। कार्यक्रम का आयोजन खंड शिक्षा अधिकारी उदय मणि पटेल के प्रोत्साहन तथा प्रभारी इंचार्ज प्रधानाध्यापक नीति रस्तोगी के नेतृत्व में किया गया। इस अवसर पर विद्यालय के बच्चों ने उत्साहपूर्वक प्रतिभाग करते हुए सुंदर-सुंदर राखियां बनाईं तथा मेहंदी प्रतियोगिता में अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया। शिक्षकों ने बच्चों का उत्साहवर्धन करते हुए उन्हें पर्व के महत्व के बारे में बताया। अमित दीक्षित, प्रियंका चौधरी, पूनम बंशवार एवं सायमा जोहरा ने बच्चों का उत्साहवर्धन किया। प्रतियोगिताओं के माध्यम से बच्चों में रचनात्मकता, आपसी प्रेम, भाईचारे एवं भारतीय संस्कृति के प्रति जागरूकता का भाव विकसित हुआ। कार्यक्रम का वातावरण उल्लास और उमंग से भर गया तथा बच्चों ने राखी पर्व को यादगार बनाया।

दैनिक भास्कर 27 Aug 2026 1:38 pm