आज का राशिफल: मिथुन राशि वालों को अचानक हो सकता है धन लाभ, जानें 12 राशि का हाल
आज का दिन आपके लिए कैसा रहेगा? जानें मेष से लेकर मीन राशि वालों के करियर, धन, प्रेम और सेहत से जुड़े आज के राशिफल की खास भविष्यवाणी।
एक दीप से जलते हैं अनगिनत दीप: गुरु से विश्वगुरु भारत तक
भारत को विश्वगुरु बनाने के संकल्प में शिक्षकों की केंद्रीय भूमिका पर जोर दिया गया है, जो ज्ञान के साथ विवेक और चरित्र का निर्माण करते हैं।
शिक्षक दिवस पर राष्ट्रपति ने शिक्षकों को सम्मानित किया, वहीं प्रधानमंत्री ने उनसे छात्रों की ड्रग और मोबाइल लत पर ध्यान देने का आग्रह किया
विचार: आर्थिक प्रगति पर अनावश्यक सवाल
भारत ने पहली तिमाही में 7.8% की जीडीपी वृद्धि दर्ज की, जिससे वह विश्व की सबसे तेजी से बढ़ती अर्थव्यवस्था बन गया
अच्छे डॉक्टर का अपना जलवा होता है। मलाया माने मलेशिया में सेवारत भारतीय डॉक्टर कुप्पुस्वामी भी कुछ वर्षों में बड़े रसूखदार हो गए थे। उनके लिए छुट्टी के दिन भी बैंक खुलता था, रेलगाड़ी ठिठकती थी, पानी के जहाज इंतजार करते थे…
ताकि फिर कोई प्रकाश किसी गड्ढे में न बुझ पाए
यह आम मानवीय कमजोरी है कि हम अपने संघर्षों, अपनी तकलीफों के आगे किसी अन्य की पीड़ा को बहुत अहमियत नहीं देते। उनके बारे में गंभीरता से सोचना तो दूर की बात है। हालांकि, हमारे बीच ही कई ऐसे लोग हैं, जो अपना दर्द अपने भीतर समेटकर दूसरों की जिंदगी में …
पर्युषण महापर्व 8 सितंबर से, तप-साधना और आत्मचिंतन में जुटेगा जैन समाज
15 सितंबर को संवत्सरी महापर्व पर होगी क्षमायाचना, ‘मिच्छामि दुक्कड़म्’ के साथ महापर्व का समापन 5 सितंबर 2026 । जैन धर्मावलंबियों का प्रमुख आध्यात्मिक पर्व पर्युषण महापर्व 8 सितंबर से शुरू होगा। आठ दिनों तक चलने वाले इस पर्व में जैन समाज के श्वेताम्बर समुदाय (स्थानकवासी, मूर्तिपूजक, तेरापंथ) के लोग तप, उपवास, स्वाध्याय, प्रतिक्रमण, ध्यान ... Read more
अयोध्या, मथुरा और काशी सिर्फ मंदिरों से नहीं, बल्कि उनके जरिये किए गए सभ्यता के निर्माण और विस्तार से जुड़े थे। ये तीनों धर्मनगरियां विभिन्न संस्कृतियों के मिलाप और ज्ञान के साझा सदुपयोग के साथ जुड़ी थीं। हमारे मंदिरों की भव्यता नहीं, बल्कि उनकी अलौकिक सार्वजनिनता…
शिक्षक दिवस विशेष: आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के दौर में गुरु की आवश्यकता और बदलती भूमिका
भारत की परंपरा में गुरु का स्थान इसलिए बड़ा रहा, क्योंकि गुरु को केवल पढ़ाने वाला व्यक्ति नहीं माना गया। वह शिष्य को जीवन समझने की दृष्टि देता था।
जीवन धारा:बेहतर जीवन के लिए विज्ञान जरूरी है, येराष्ट्रीय संकल्प को पूरा करने के महत्वपूर्ण माध्यम भी
क्या मशीनें नियंत्रण से बाहर हो रही हैं?: एआई के मामले में दुनिया को मिलकर काम करना होगा, होड़ पर लगाम जरूरी
मिस वर्ल्ड 2026: भारत का प्रतिनिधित्व कर रहीं निकिता पोरवाल, थाईलैंड की सुंदरी विजेता को पहनाएगी ताज
आज वियतनाम में मिस वर्ल्ड 2026 की विजेता का नाम घोषित किया जाएगा। इस प्रतियोगिता में भारत की तरफ से निकिता पोरवाल पहुंची हैं। आइए उनके बारे में और इस प्रतियोगिता के बारे में जानते हैं।
क्यों नहीं रुक रही रैगिंग की घटनाएं: क्या सुप्रीम कोर्ट की सख्ती भी बेमानी?शिक्षकों और समाज को सोचना होगा
शिक्षक को खुद जुनून से भरना होगा: एल्गोरिदम के दौर में छात्रों की भावनाओं को छूना प्रभावी शिक्षण, जरूरत समझें
ईरान के परमाणु कार्यक्रम पर संकट बढ़ गया है। आईएईए ने 20 साल बाद पहली बार ईरान को परमाणु अप्रसार दायित्वों का पालन न करने वाला पाया है।
यू-टर्न लेना आर्थिक नजरिये से कब सही होता है?
हाल ही में रिज़र्व बैंक ऑफ़ इंडिया ने आर्थिक नीति बनाने के मामले में एक छोटा लेकिन अहम सबक दिया।
हिमालय की चेतावनी पर नदियों की प्रतिक्रिया
नेपाल, भारत, बांग्लादेश और चीन को मिलकर सीमा-पार काम करने वाली चेतावनी व्यवस्था बनानी होगी।
सतपुड़ा की घाटी में आदिवासी पेड़ लगाने का अनोखा हरियाली अभियान चला रहे हैं।
विचार: स्कूली कक्षाओं को चाहिए योग्य शिक्षक
केवल विद्यार्थी के रूप में नहीं, बल्कि शिक्षक के रूप में भी, ताकि वे भारत को जान सकें और समय आने पर उसका नेतृत्व कर सकें।
विचार: प्रमाणित होती अर्थव्यवस्था की मजबूती
विकसित देशों में भी डबल डिफ्लेशन पद्धति अपनाने पर इस तरह के परिणाम सामने आए हैं। चालू वित्त वर्ष की पहली तिमाही में कच्चे माल की कीमतों में बढ़ोतरी तैयार उत्पादों की कीमतों की तुलना में अधिक रही।
जागरण संपादकीय: इसरो का नया अध्याय
इस अंतरिक्ष एजेंसी के लिए यह भी आवश्यक है कि वह हर मामले में आत्मनिर्भर बने और अपनी उत्कृष्टता सिद्ध करती रहे, क्योंकि आने वाले समय में प्रतिस्पर्धा बढ़ने वाली है।
जीएसएलवी-एफ17 सफल लॉन्च, अंतरिक्ष यात्रा
नई दिल्ली, भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (इसरो) द्वारा जीएसएलवी-एफ 17/ईओएस-05 मिशन के सफल लॉन्च पर केंद्रीय मंत्रियों और मुख्यमंत्रियों ने गर्व जताते हुए देशवासियों को बधाई दी है। नेताओं ने कहा कि भारत के अंतरिक्ष कार्यक्रम के लिए एक शानदार उपलब्धि हासिल हुई है।
भारत : डेटा सेंटर की क्षमता 2029 तक बढ़कर 6 गीगावाट
नई दिल्ली, भारत का डेटा सेंटर इंडस्ट्री की क्षमता जून 2026 तक 1.6 गीगावाट की क्षमता से बढ़कर 2029 तक 6 गीगावाट होने की उम्मीद है। इसके लिए करीब 110 अरब डॉलर की पूंजी की जरूरत होगी। इस वृद्धि को एआई वर्कलोड और हाइपरस्केल क्लाउड की तैनाती से बढ़ावा मिलेगा।
ज्यादा टिकाऊ है ईवी की बैटरी, स्मार्ट पावर सिस्टम
नई दिल्ली, इलेक्ट्रिक वाहनों की बढ़ती लोकप्रियता के बीच उनकी सबसे बड़ी चुनौती बैटरी की उम्र है। अब बैटरी की उम्र बढ़ाने की दिशा में भारतीय शोधकर्ताओं ने महत्वपूर्ण सफलता हासिल की है। नेशनल इंस्टिट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी राउरकेला के शोधकर्ताओं ने ऐसी हाइब्रिड ऊर्जा भंडारण प्रणाली विकसित की है
जीवन धारा:कृष्ण जीवन की सभी कलाओं में माहिर हैं,साथ जाने का रास्ता चुनने पर शुरुआत में ही अहंकार छोड़ना होगा
मुद्दा:लड़ाई अभी खत्म नहीं हुई है,छुआछूत-भेदभाव जैसी अस्पृश्यता अब भी कायम; स्वतंत्रतामूलक सुधार अपरिहार्य
भ्रष्टाचार की तस्वीर: शिकायत पर कार्रवाई नहीं, संभावना पहचानने की व्यवस्था हो, डिजिटल प्रक्रिया की अहम भूमिका
इंसाफ कैसे: कॉलेजियम प्रणाली पर देशव्यापी चिंता, राष्ट्रीय न्यायिक नियुक्ति आयोग 'असांविधानिक', रास्ता क्या?
जीडीपी आंकड़ों का भ्रम: दो अलग सीरीज की तुलना क्यों, 2.6% के दावे पर उठे सवाल कितने सही?
जीडीपी आंकड़ों का भ्रम: दो अलग सीरीज की तुलना क्यों, 2.6% के दावे पर उठे सवाल कितने सही?
Janmashtami 2026: इस साल 04 सितंबर को जन्माष्टमी का पावन उत्सव मनाया जा रहा है। विदेशों तक भगवान कृष्ण के प्रति आस्था और दीवानगी देखी जाती है। कई हॉलीवुड सेलेब्स भी उन्हें बहुत मानते हैं।
राशिफल 04 सितंबर: तुला और धनु राशि वालों की आर्थिक स्थिति सुधरेगी, मिल सकता है लाभ
4 सितंबर 2026 का आज का राशिफल आपके लिए कैसा रहेगा? जानें मेष, कर्क, सिंह, कन्या, कुंभ और मकर राशि वालों के करियर, धन, प्रेम और सेहत से जुड़े आज के राशिफल की खास भविष्यवाणी।
वंधामा में रास्ता आज भी उन्हीं घरों के बीच से गुजरता है, लेकिन घरों के भीतर जिंदगी नहीं है।
ललित सुरजन की कलम से पंचायती राज में बाधक अभिजात सोच
अनिवार्य शिक्षा कानून लागू हो जाने के बाद भी उसका उल्लंघन कदम-कदम पर हो रहा है।
सोशल मीडिया को बरतने के तौर-तरीके
कोई सोशल मीडिया पर है, इसका मतलब यह नहीं है कि आप उसके साथ चाहे जैसा व्यवहार करें।
किताबों और फिल्मों पर रोक से विचार नहीं रुकते
सत्ताधारी भारतीय जनता पार्टी का कहना था कि कोई भी संगठन कानून से परे नहीं है।
चंडीगढ़ रेलवे स्टेशन पर चल रहे अपग्रेडेशन कार्यों के कारण 10 सितंबर से 15 अक्तूबर तक 36 दिनों का पावर और ट्रैफिक ब्लॉक लागू किया जाएगा।
शिक्षा कोरी नियुक्ति ही नहीं, मुक्ति का माध्यम बने
शिक्षक दिवस- 5 सितम्बर, 2026 शिक्षक दिवस केवल शिक्षकों के सम्मान का अवसर नहीं, बल्कि भारत की शिक्षा-दृष्टि, शिक्षक की भूमिका और भावी पीढ़ी के निर्माण पर गंभीर आत्ममंथन का दिन है। किसी राष्ट्र का भविष्य केवल उसके विद्यालयों की संख्या, भवनों की भव्यता, पुस्तकों की उपलब्धता या परीक्षाओं के परिणामों से निर्धारित नहीं होता, ... Read more
जन्माष्टमी पर भगवान श्रीकृष्ण की बाल लीलाओं की मधुर छवियां हमारे मन में जाग उठती हैं- माखन चुराते कन्हैया, बांसुरी बजाते श्याम, ग्वाल-बालों के साथ खेलते नंदलाल और यशोदा मैया को मोहित करते बाल गोपाल…
विचार: तकनीक की लत के शिकार होते बच्चे
एक तरफ चैरिटी की बातें की जाती हैं और यह कहा जाता है कि हम सब बराबर हैं, मगर अफसोस है कि मुनाफे के लिए हर तरह की तरकीबें अपनाई जा रही हैं और लोगों की सेहत से भी खिलवाड़ किया जा रहा है।
श्रीकृष्ण जितना लौकिक कोई नहीं
हम श्रीकृष्ण जन्मोत्सव मनाते हैं, जन्मदिन नहीं, क्योंकि श्रीकृष्ण के प्रादुर्भाव का अनुभव करना चाहते हैं। श्रीकृष्ण के जीवन चरित का स्मरण नहीं करते। जो हमारे जीवन में रचा-बसा हो, उसे स्मरण करने की क्या आवश्यकता है…
विचार: भारत की विधि संहिता नहीं है मनुस्मृति
देश को इतिहासबोध, आत्मसमीक्षा और संविधान में अटूट निष्ठा की आवश्यकता है। सभ्यतागत आत्मविश्वास अतीत पर शर्मिंदा होने में नहीं, बल्कि उसे समझकर आगे बढ़ने में है।
महिला क्रिकेट में नए दौर का आगाज
भारत को पहली महिला चैंपियंस ट्रॉफी की मेजबानी मिलना महज खेल-जगत की खबर नहीं, महिला क्रिकेट के बदलते दौर का संकेत है। दशकों तक पुरुष क्रिकेट की तेज धारा के किनारे बहने वाला महिला क्रिकेट अब अपनी राह बना रहा है…
भारत में धर्मस्थलों की चर्चा सदा प्रासंगिक बनी रहती है। जहां अयोध्या राम मंदिर के संचालन के लिए नई टीम गठित हो गई है, वहीं पुरी जगन्नाथ मंदिर के रत्न भंडार की गणना सबका ध्यान खींच रही है। यह सुखद इसलिए है कि गणना 48 साल बाद हुई है।
जागरण संपादकीय: हिमालयी राज्यों की चुनौती
यह सही समय है कि उत्तराखंड, हिमाचल, सिक्किम, अरुणाचल प्रदेश और जम्मू-कश्मीर को ध्यान में रखकर शुरू की गई ग्लेशियल लेक आउटबर्स्ट फ्लड संबंधी परियोजना की समीक्षा की जाए।
शरीर में अकड़न से परेशान? डाइट में शामिल करें ये चीजें, मिलेगा बदलाव
नई दिल्ली, शरीर का लचीलापन सिर्फ इस बात पर निर्भर नहीं करता कि आप कितनी देर तक स्ट्रेचिंग करते हैं। आपके खाने का भी इसमें बड़ा योगदान हो सकता है। अगर शरीर को रोजाना सही मात्रा में प्रोटीन, विटामिन और जरूरी तत्व नहीं मिल रहे हैं तो मांसपेशियों की ताकत और उनकी काम करने की क्षमता प्रभावित हो सकती है।
India-Belgium Relations Prime Minister Bart De Wever meets PM Modi discussions issues, including trade defense
ऑस्ट्रेलिया में बना दुनिया का सबसे भारी गोल्ड बार, 521 किलो वजन ने बनाया वर्ल्ड रिकॉर्ड
सोने की छोटी-सी ईंट या गोल्ड बार तो आपने कई बार देखी होगी
एशियाई खेलों की शुरुआत होने में अब ज्यादा समय शेष नहीं रह गया है। बीसीसीआई क्रिकेटरों के लिए ठहराए जाने वाली व्यस्था से खुश नहीं है। बताया जा रहा है कि बोर्ड ने होटल के एक कमरे में दो क्रिकेटरों को ठहराए जाने पर आपत्ति जताई है।
छोटे कारोबारियों की बड़ी चिंताएं: अगले आर्थिक सुधारों का लक्ष्य हो छोटे कारोबार, करोड़ों को देते हैं आजीविका small-businesses-should-be-next-focus-of-economic-reforms-in-india
क्या नेपाल त्रासदी को रोका जा सकता था?: तबाही में छिपा जलवायु संकट का संदेश, तीन देशों के सहयोग की जरूरत nepal-tibet-flood-may-averted-glacier-melt-climate-change-himalayan-disaster
जीवन धारा: क्रोध की आग हमें ही जलाती है
जीवन धारा: क्रोध की आग हमें ही जलाती है
दूसरा पहलू: ब्रह्मांड के 'लिटिल रेड डॉट्स' का रहस्य
दूसरा पहलू: ब्रह्मांड के 'लिटिल रेड डॉट्स' का रहस्य
जीत का अर्थ: स्पर्धा में जीतना साहस की मिसाल, लेकिन एक मां को ऐसा करने की जरूरत क्यों पड़ी?
जीत का अर्थ: स्पर्धा में जीतना साहस की मिसाल, लेकिन एक मां को ऐसा करने की जरूरत क्यों पड़ी? ramabai-ranveer-runs-and-won-marathon-for-daughters-education-Ambajogai-Maharashtra
उत्तराखंड में हिमनद झीलों पर अर्ली वार्निंग सिस्टम विकसित करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बढ़े हैं।
ललित सुरजन की कलम से देशबन्धु : चौथा खंभा बनने से इंकार- 8
'छत्तीसगढ़ में शुक्ल बंधुओं के वर्चस्व के कारण अनेक कांग्रेसजन घुटन महसूस करते थे,
How safe is the digital world for children?
भारत में बच्चों की दुनिया तेजी से डिजिटल हो रही है।
छवियों में कैद मोदी विदेश नीति
प्रधानमंत्री मोदी ने अपनी बनाई विदेश नीति में कैमरे में कैद छवियों को अहम बना दिया है।
विचार: अंधविरोध का वैचारिक गठबंधन
न्यूयार्क की स्थानीय राजनीति, एक्टिविस्ट संगठनों, भारत विरोधी अभियानों और धार्मिक स्वतंत्रता के नाम पर सक्रिय संस्थाओं के बीच एक ऐसा वैचारिक इकोसिस्टम दिखाई देता है, जिसमें एक मंच का आरोप दूसरे मंच का प्रमाण बन जाता है।
कमलापति त्रिपाठी में संचित रही काशी की संस्कृति
काशी अपने कुछ व्यक्तित्वों को कभी नहीं भूल सकती। पंडित कमलापति त्रिपाठी तो उसकी संस्कृति के सच्चे प्रतिनिधि थे। 3 सितंबर, 1905 को यहां की समृद्ध पांडित्य परंपरा वाले परिवार में जन्मे कमलापति त्रिपाठी को सात दशकों का…
मतदाताओं के छूटने से मकसद बेमानी
मतदाता सूची विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) को लेकर विवाद थमता नहीं दिख रहा। वोटर लिस्ट में गड़बड़ी के जिस तरह के आरोप सर्वप्रथम बिहार में लगे थे, वे एसआईआर के तीसरे चरण में भी दूर नहीं किए जा सके…
राजधानी में लड़कियां आज भी असुरक्षित
राजधानी दिल्ली में 16 वर्षीया छात्रा के साथ चलती बस में गैंगरेप की कथित घटना बेहद शर्मनाक और चिंताजनक है। सवाल सिर्फ अपराध का नहीं, उस मानसिकता का भी है, जो किसी मासूम की इंसानियत और सम्मान को कुचलने की हिम्मत…
जल प्रलय झेल रहे नेपाल ने क्षतिपूर्ति की जो मांग रखी है, वह पहली नजर में ही बहुत स्वाभाविक और विचारणीय लगती है। इस आपदा के चलते चीन या तिब्बत में कितना नुकसान हुआ, यह बहुत स्पष्ट नहीं है, लेकिन नेपाल में अब तक…
जागरण संपादकीय: राम मंदिर का संचालन
राम मंदिर उन आदर्शों का प्रकाशपुंज बनना चाहिए, जिनके लिए श्रीराम जाने और पूजे जाते हैं। वैसे तो संत समाज की यह मांग रही है कि राम मंदिर का संचालन उनके द्वारा ही हो, लेकिन एक तो इस पर आम सहमति नहीं और दूसरे, इस मंदिर में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के आने और चढ़ावे के लेखा-जोखा के कारण प्रशासनिक मामलों में दक्ष लोगों की भी आवश्यकता है।
फैक्ट चेक: भारत के पुराने और असंबंधित वीडियो नेपाल बाढ़ से जोड़कर वायरल
बूम ने पाया कि पहला वीडियो महाराष्ट्र के एक बांध का है, जबकि दूसरा उत्तर प्रदेश के वृंदावन का है.
शरीर और मन दोनों को स्वस्थ रखता है यह आसन
नई दिल्ली, योग हमारी प्राचीन परंपरा की अमूल्य धरोहर है, जो न सिर्फ शरीर को बल्कि स्वस्थ रखने के साथ मन को भी शांत रखने में कारगर होता है।
नेपाल बाढ़ में तेज बहाव के कारण पुल टूटने के दावे से वायरल वीडियो फेक है
बूम की जांच में NVIDIA और Hive Moderation जैसे AI डिटेक्शन टूल्स ने वीडियो के AI जनरेटेड होने की संभावना जताई.
एससीओ समिट: मियां शहबाज शरीफ, तस्वीर काटने से हकीकत नहीं बदलती
अंतरराष्ट्रीय मंच पर किसी की मौजूदगी को मिटाने का सबसे आसान तरीका फोटो एडिट करना हो सकता है, लेकिन उसकी राजनीतिक मौजूदगी को मिटाना संभव नहीं है।
सिर्फ आक्रोश से रास्ता नहीं बनता: ‘जेन जी’ के सामने असली चुनौती अंतर्विरोध मुक्त वास्तविक नैतिक बल सिद्ध करना
आतंकवाद पर सख्त: भारत का रूख कूटनीतिक दृष्टि से महत्वपूर्ण, अब वैश्विक समुदाय के रवैये में भी बदलाव जरूरी
आल्प्स, हिमालय के संकट अलग नहीं: जलवायु परिवर्तन के दो चरम विरोधाभासी परिदृश्य, लिख रहे भावी विभीषिका की कहानी
ललित सुरजन की कलम से आत्मकथा लिखना आसान नहीं
'एक आत्मकथा में समृद्ध अनुभव, सघन विचार और समर्थ अभिव्यक्ति से मिलकर वह आकर्षण होना चाहिए जो दूर-दूर तक प्रभावित कर सके।
हाथ में 50 पैसे का सिक्का और मन में गायिका बनने का सपना।
पूर्वोत्तर भारत के ईसाई संगठनों ने कहा एफसीआरए में प्रस्तावित बदलाव दमनकारी
इस बातचीत की प्रक्रिया में पूर्वोत्तर के कई चर्च काउंसिल और उनके मुख्य संगठन शामिल हैं।
दुुनिया जब बुरे दौर में है तब भारत के आर्थिक उजाले
दुनिया आज जिस दौर से गुजर रही है, वह आर्थिक और सामरिक दोनों दृष्टियों से असाधारण चुनौतियों का दौर है। रूस-यूक्रेन युद्ध के प्रभाव, पश्चिम एशिया में तनाव, अमेरिका और चीन के बीच बढ़ती प्रतिस्पर्धा, वैश्विक व्यापार में अनिश्चितता, आपूर्ति शृंखला में व्यवधान और कच्चे तेल की कीमतों में उतार-चढ़ाव ने दुनिया की बड़ी-बड़ी अर्थव्यवस्थाओं ... Read more
कौशल मिलेगा, रोजगार कहां मिलेगा?
विकसित भारत ञ्च2047 की परिकल्पना को साकार करने के लिए नीति आयोग ने कौशल विकास को पुर्नव्यवस्थित करने की पहल की है।
विचार: अति की हदों को पार करती असहमति
यह एक तथ्य है कि जनभागीदारी वाले कई सामाजिक अभियान महज मोदी सरकार के अभियान बनकर रह गए हैं। यह स्थिति तब है, जब देश में कई समस्याएं ऐसी हैं, जिनका समाधान जनता की सामूहिक भागीदारी से ही किया जा सकता है।
विचार: समझी जाएं जेन-जी की आकांक्षाएं
भारत में जेन-जी की आकांक्षाएं किसी एक चुनाव या एक अभियान की बात नहीं हैं। यह भारत के लोकतंत्र के आने वाले कल की दिशा तय करने वाला सवाल है। जो भी नेतृत्व राजर्षि की संकल्पना को आत्मसात कर उसके अनुरूप आचरण करेगा, वही इस पीढ़ी का भरोसा जीत पाएगा।
जागरण संपादकीय: स्वदेशी का मंत्र
आम तौर पर ऐसी सुविधाएं भारत में उपलब्ध नहीं होतीं और यदि होती भी हैं तो वे विदेश के मुकाबले महंगी पड़ती हैं। ऐसा क्यों है, इसके कारणों का निवारण करने की आवश्यकता है।
वैश्विक झंझावात में भी मजबूत भारत
वित्त वर्ष 2026-27 की पहली तिमाही में भारतीय अर्थव्यवस्था की विकास दर 7.8 प्रतिशत रहना सुखद आश्चर्य है। यह आंकड़ा इसलिए महत्वपूर्ण हो जाता है, क्योंकि अप्रैल से जून की इस अवधि में दुनिया की अर्थव्यवस्था…
किर्गिस्तान में कूटनीतिक कामयाबी
सोमवार को यह शंघाई सहयोग संगठन (एससीओ) नहीं, दिल्ली सहयोग संगठन था। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपनी कुशल कूटनीति और शांति-प्रयासों के जरिये माहौल को भारत के पक्ष में बना दिया…
ऐसी खबर का जलवा कई दिन तक बरकरार रहता है जिसमें सामाजिक स्तर पर प्रसिद्ध, बहुत ज्यादा पहुंच वाला, खूब प्रभाव पैदा कर सकने वाला व्यक्ति किसी भी मुश्किल सवाल का जवाब संयम और मुस्कुराते हुए देता रहे। इससे देश के काफी बड़े हिस्से की तबीयत ठीक रहती है। वैसी खबर का जलवा एक दम बिखरा सा रहता है जब उसी तरह का व्यक्ति एक ही साक्षात्कार में कई सवालों के जवाब न दे पाए। ऐसा होना स्वाभाविक है जब परीक्षा से पहले सम्बंधित विषय की भरपूर तैयारी न की जाए। अपने गुरुओं और वरिष्ठ जनों की बातों को ठीक से सुना और समझा न हो। कक्षा या ज़िंदगी की कक्षा में बैठे हों लेकिन ध्यान कहीं और हो और नोट्स न लिए हों। अभ्यास करने के दौरान संजीदगी न बनाए रखो तो उचित समय पर सवालों के जवाब भूल ही जाते हैं, जिसे जवाब देते नहीं बना भी कहते हैं। इसे भी पढ़ें: पानी की कमियां और गुस्ताखियां (व्यंग्य) इम्तिहान से पहले व्यक्ति सोचता है कि मुझे सब कुछ पता है, सब याद है, मुझसे ज्यादा चतुर कोई नहीं। कोई कैसा, ऐसा या वैसा सवाल आएगा तो हल कर लूंगा। कई बार ऐसा हो जाता है कि परीक्षा की घड़ी बिना बताए मुख्य दरवाज़े पर आन खड़ी होती है। सुना है, तब याद किया सब कुछ भूल जाता है। कई सवाल सामने बैठ जाते हैं, एक दो सवाल को तो खड़े रहना पड़ता है इसलिए वे नाराज़ भी हो जाते हैं। जब जवाब सूझता नहीं तो बंदा सोचता है कि मुझे जवाब देने की तैयारी निरंतर रखनी चाहिए थी। अभ्यास करते रहना चाहिए था। दूसरे अनुभवी लोगों से पूछ लेना चाहिए था। परीक्षा में तो कुछ भी प्रत्याशित या अप्रत्याशित पूछा जा सकता है इसलिए यह पता होना चाहिए कि अगर सवाल का रंग लाल या नीला हो तो जवाब कौन से रंग का देना है। कई सवाल ऐसे होते हैं कि पोल खोल दें जिससे तबीयत अविलंब खराब हो जाती है। अस्पताल का सहारा लेना पड़ता है। सवाल घबराहट का माहौल बन देते हैं। इस दौरान यह कह देना ज़रूरी होता है कि जिस सम्बन्ध में सवाल पूछे जा रहे हैं उसमें उनकी कोई भूमिका नहीं है। साथ साथ यह भी कह देना चाहिए कि जो लोग गलत करते हैं उन्हें ऐसा नहीं करना चाहिए। उनसे ऐसा करने की उम्मीद नहीं थी। अच्छी राजनीतिक जलवायु हो तो यह एक उम्दा जवाब माना जाता है और समाज में प्रसिद्ध भी है। यह हमारे सामाजिक जीवन का आधार कार्ड भी है। असल में सवाल तो वही असली सवाल माने जाते हैं जिनका जवाब न दिया जा सके। बड़ों बड़ों की बोलती बंद कर दें। सवाल ऐसे होते हैं तो जवाब भी ऐसे होते हैं या हो सकते हैं जो बड़ी से बड़ी बोलती बंद कर दें। सवालों ने अपने बीच से हमेशा कई ऐसे सवाल खड़े किए जिन्हें कोई जवाब बिठा न सका। कितने सवाल अपने जवाब ढूंढते रहे अभी भी ढूंढ रहे होंगे। पुलिस की मदद ली, सुप्रसिद्ध समझदारों, सिद्धहस्त महात्माओं और जाने माने ज्योतिशिओं की सलाह ली लेकिन न असली जवाब मिले न नकली। आखिर में यही मानना पडेगा कि जवाब जिनका नहीं, वो सवाल होते हैं असली सवाल। - संतोष उत्सुक
फैक्ट चेक: नेपाल में आई बाढ़ के CCTV फुटेज के दावे से AI जनित क्लिप वायरल
बूम ने जांच में पाया कि इनमें से ज्यादातर क्लिप नेपाल बाढ़ के वास्तविक दृश्य को नहीं दिखाते. इन्हें आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस की मदद से क्रिएट किया गया है.
धरती पर कई ऐसे जीव पाए जाते हैं, जिनकी क्षमताएं इंसानों को हैरान कर देती हैं।
किडनी को हेल्दी रखने के लिए करे योगासन
नई दिल्ली, किडनी (गुर्दा) हमारे शरीर के बेहद महत्वपूर्ण अंग हैं। ये खून को साफ करने, शरीर से अपशिष्ट पदार्थ बाहर निकालने और पानी व इलेक्ट्रोलाइट्स का संतुलन बनाए रखने में अहम भूमिका निभाते हैं। ऐसे में किडनी की सेहत का ध्यान रखना जरूरी है। नियमित शारीरिक गतिविधि और संतुलित जीवनशैली के साथ कुछ योगाभ्यास भी शरीर को सक्रिय और स्वस्थ रखने में मदद कर सकते हैं।
गुर्दा सही से चले तो करे योगाभ्यास, जानें करने का सही तरीका
नई दिल्ली, स्वास्थ्य का वास्तविक अर्थ केवल बीमारियों का इलाज करना नहीं बल्कि शरीर को स्वाभाविक रूप से स्वस्थ और मजबूत बनाए रखना है। गुर्दे हमारे शरीर का प्राकृतिक फिल्टरिंग सिस्टम है, जो शरीर की सफाई में काम करता है। योग केवल शारीरिक व्यायाम नहीं बल्कि आंतरिक अंगों की मालिश और पुनर्प्राप्ति की एक सूक्ष्म तकनीक है।
घर का खाना भी बढ़ा सकता है कोलेस्ट्रॉल, ये गलतियां न करे
नई दिल्ली, कोलेस्ट्रॉल का नाम सुनते ही ज्यादातर लोगों के दिमाग में सबसे पहले बाहर का खाना, बर्गर, पिज्जा, समोसा और ज्यादा तेल वाली चीजें आती हैं। यही वजह है कि बहुत से लोग मानते हैं कि अगर वे घर का खाना खा रहे हैं तो उनका कोलेस्ट्रॉल कभी नहीं बढ़ सकता। लेकिन ऐसा जरूरी नहीं है। घर का बना खाना सेहत के लिए अच्छा हो सकता है, लेकिन खाने के साथ-साथ हमारी रोज की आदतें भी शरीर पर असर डालती हैं। कई बार अच्छी डाइट लेने के बाद भी रिपोर्ट में कोलेस्ट्रॉल ज्यादा आ सकता है। इसकी वजह ज्यादा वजन, कम चलना-फिरना या खाने में कुछ चीजों की ज्यादा मात्रा हो सकती है।
भारत को खुद अपनी राह बनानी होगी: ग्लोबल फॉर्च्यून 500 में शामिल होना आसान नहीं, घरेलू क्षमता मजबूत करनी होगी
दूसरा पहलू: वह मंदिर, जहां सूर्य की पहली किरण करती है अभिषेक, उत्तराखंड में है ये विशिष्ट जगह
दूसरा पहलू:वह मंदिर, जहां सूर्य की पहली किरण करती है अभिषेक, उत्तराखंड में है ये विशिष्ट जगह
मजबूती के संकेत: निजी निवेश और निर्यात के जरिये रफ्तार बनाए रखनी होगी; ताकि विकास पर भारी न पड़े बाहरी दबाव
आज से सितंबर महीने की शुरुआत हो चुकी है और ऐसे में आपके लिए ये जानना जरूरी हो जाता है कि इस महीने बैंक कब-कब और कहां-कहां कितने दिन बंद रहेंगे।

