मुंबई के BKC में नीता मुकेश अंबानी कल्चरल सेंटर (NMACC) से एक व्यक्ति और उसके बॉडीगार्ड को हिरासत में लिया गया। वह व्यक्ति प्रधानमंत्री कार्यालय (PMO) का नकली अधिकारी बनकर वहां पहुंचा था और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के आने से पहले ही उन्हें पकड़ लिया गया। CNN-News18 की रिपोर्ट के मुताबिक, पुलिस ने रोहन पारेख नाम के एक व्यक्ति से बंदूक भी बरामद की है। ANI के अनुसार, मुंबई पुलिस ने कहा, मुंबई में उस जगह से दो लोगों को हिरासत में लिया गया है, जहाँ प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को एक कार्यक्रम में शामिल होना था। उनमें से एक व्यक्ति के पास से बंदूक बरामद की गई। मुंबई पुलिस ने BKC स्थित नीता मुकेश अंबानी कल्चरल सेंटर (NMACC) में एक व्यक्ति को हिरासत में लिया, जो खुद को प्रधानमंत्री कार्यालय का अधिकारी बता रहा था। मुंबई पुलिस ने आगे बताया, हिरासत में लिए गए व्यक्ति की उम्र 24 साल बताई जा रही है। उसके साथ एक बॉडीगार्ड भी था, जिसके पास बंदूक थी। मुंबई क्राइम ब्रांच अब इस मामले की आगे जांच कर रही है। इसे भी पढ़ें: Pakistan ने Modi की Photo Crop की तो भड़क गये Eknath Shinde, बोले- पाकिस्तान को दुनिया की तस्वीर से ही हटा देंगे प्रधानमंत्री आज ग्लोबल फिनटेक फेस्ट के सातवें संस्करण में शामिल होंगे। GFF का आयोजन 8 से 11 सितंबर, 2026 तक मुंबई में किया जा रहा है। 2020 से, GFF एक अंतरराष्ट्रीय 'थॉट-लीडरशिप' (विचार-नेतृत्व) मंच के रूप में उभरा है, जो फाइनेंस के भविष्य पर चर्चा करने के लिए नीति-निर्माताओं, रेगुलेटर्स, केंद्रीय बैंकों, वित्तीय संस्थानों, फिनटेक कंपनियों, टेक्नोलॉजी फर्मों, निवेशकों, शिक्षाविदों और अन्य वैश्विक हितधारकों को एक साथ लाता है।
फर्जी PMO ID और बंदूक! Mumbai में अंबानी सेंटर से PM Modi के इवेंट से पहले 2 संदिग्ध हिरासत में
मुंबई के बांद्रा कुर्ला कॉम्प्लेक्स (BKC) में स्थित नीता मुकेश अंबानी कल्चरल सेंटर (NMACC) में सुरक्षा में बड़ी चूक का मामला सामने आया है, जहाँ प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज ग्लोबल फिनटेक फेस्ट (GFF) का उद्घाटन करने वाले हैं। इस जगह से दो लोगों को हिरासत में लिया गया है। उनमें से एक ने कथित तौर पर खुद को प्रधानमंत्री कार्यालय (PMO) का अधिकारी बताया। हिरासत में लिए गए व्यक्ति की पहचान 24 साल के रोहन पारेख के तौर पर हुई है। सूत्रों के मुताबिक, पारेख के पास PMO का एक नकली पहचान पत्र था, जिसे जांच के दौरान सुरक्षाकर्मियों ने फर्जी पाया। इसे भी पढ़ें: Kremlin on PM Modi-Putin Bond: ब्रिक्स समिट से पहले पेस्कोव ने कहा- दोनों नेताओं के बीच हैं बहुत 'Close Relations' सूत्रों ने बताया कि पारेख के साथ एक बॉडीगार्ड भी था, जिसके पास बंदूक थी। मुंबई क्राइम ब्रांच इस मामले की आगे जांच कर रही है। ग्लोबल फिनटेक फेस्ट का सातवां एडिशन 8 से 11 सितंबर, 2026 तक मुंबई में आयोजित किया जा रहा है। 2020 से, GFF एक इंटरनेशनल थॉट-लीडरशिप प्लैटफ़ॉर्म के तौर पर उभरा है, जो पॉलिसी बनाने वालों, रेगुलेटर्स, सेंट्रल बैंकों, फाइनेंशियल संस्थानों, फिनटेक कंपनियों, टेक्नोलॉजी फर्मों, इन्वेस्टर्स, एकेडेमिया और दूसरे ग्लोबल स्टेकहोल्डर्स को फाइनेंस के भविष्य पर चर्चा करने के लिए एक साथ लाता है। GFF 2026 की थीम है पोटेंशियल टू इम्पैक्ट: एजेंटिक AI, टोकनाइज़ेशन, क्वांटम – समावेशी फाइनेंस के लिए भरोसेमंद, कनेक्टेड, ग्लोबल सिस्टम्स।
KCR के फार्महाउस पहुंचे Congress कार्यकर्ता, पुलिस ने रोका और KTR को लिया हिरासत में
हैदराबाद, आठ सितंबर कांग्रेस और दलित कार्यकर्ताओं ने मंगलवार को भारत राष्ट्र समिति (बीआरएस) के अध्यक्ष के. चंद्रशेखर राव के एर्रावेल्ली स्थित फार्महाउस की ओर मार्च किया। मार्च में शामिल प्रदर्शनकारियों ने विधानसभा अध्यक्ष गड्डम प्रसाद कुमार के खिलाफ बीआरएस के एक एमएलसी की कथित अपमानजनक टिप्पणी को लेकर माफी की मांग की। इससे पहले दिन में संबंधित एमएलसी थाथा मधुसूदन और बीआरएस के एक अन्य एमएलसी एन. नवीन कुमार रेड्डी को विधानसभा अध्यक्ष के खिलाफ कथित टिप्पणी के मामले में दर्ज प्राथमिकी के सिलसिले में गिरफ्तार किया गया। मधुसूदन ने हालांकि किसी भी तरह की अपमानजनक टिप्पणी करने से इनकार किया है। विधानसभा अध्यक्ष के खिलाफ कथित टिप्पणी और बीआरएस की महिला विधायकों के साथ पुलिस की कथित सख्ती के आरोपों को लेकर पिछले दो दिनों से तेलंगाना विधानसभा में हंगामा जारी है। पुलिस ने फार्महाउस के आसपास सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए थे और प्रदर्शनकारियों को वहां पहुंचने से पहले ही रोक दिया। ढोल बजाते और नारे लगाते हुए प्रदर्शनकारियों ने कहा कि यह टिप्पणी दलितों का अपमान है, क्योंकि प्रसाद कुमार दलित समुदाय से आते हैं। प्रदर्शनकारी नेताओं में से एक ने कहा, ‘‘राव (केसीआर) को तेलंगाना के दलितों से माफी मांगनी चाहिए। जब तक ऐसा नहीं होगा, हम यहां से नहीं हटेंगे।’’प्रदर्शन के दौरान बीआरएस के कार्यकारी अध्यक्ष के. टी. रामा राव और पार्टी के एक अन्य विधायक विधानसभा से फार्महाउस के लिए रवाना हुए। पुलिस के एक अधिकारी ने पीटीआई-को बताया कि कानून-व्यवस्था की स्थिति बनाए रखने के लिए पुलिस ने रामा राव और बीआरएस के अन्य नेताओं को एहतियातन हिरासत में ले लिया। वाहनों को रोके जाने के बाद नाराज रामा राव (केटीआर) ने आरोप लगाया कि पुलिस कांग्रेस कार्यकर्ताओं को फार्महाउस तक जाने दे रही है, जबकि बीआरएस नेताओं को रोका जा रहा है। उन्होंने एक पुलिस अधिकारी से कहा, ‘‘हमें क्यों रोका जा रहा है? हमें आप पर भरोसा नहीं है। हमें अपने नेता की रक्षा करनी है।’’रामा राव और बीआरएस के अन्य नेताओं ने हिरासत में लिए जाने के बाद सड़क पर बैठकर नारेबाजी की। बाद में उन्हें पुलिस वाहनों में ले जाया गया। रामा राव ने कहा, ‘‘ मुख्यमंत्री ए. रेवंत रेड्डी और पुलिस हमारे नेता पर हमला करने की कोशिश कर रहे हैं। हमें अपने घर जाने की अनुमति नहीं दी जा रही है। यह कांग्रेस के गुंडों द्वारा हमारे नेता की हत्या की कोशिश है। गृह विभाग संभाल रहे रेवंत रेड्डी को इसकी जिम्मेदारी लेनी चाहिए।
हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू के प्रधान मीडिया सलाहकार नरेश चौहान ने मंगलवार को कहा कि बीजेपी सांसद कंगना रनौत के 'दिशा' (DISHA) बैठक के दौरान व्यवहार और बीजेपी विधायकों से जुड़े वायरल वीडियो को लेकर जो विवाद हुआ है, वह बीजेपी का अंदरूनी मामला है। हालांकि, उन्होंने इस बात पर ज़ोर दिया कि चुने हुए प्रतिनिधियों और अधिकारियों के साथ उचित सम्मान के साथ पेश आना चाहिए। पत्रकारों से बात करते हुए चौहान ने कहा कि बैठकों के दौरान अधिकारियों के प्रति रनौत के व्यवहार पर सवाल उठाए जा सकते हैं, लेकिन यह कहना गलत होगा कि सरकारी अधिकारी काम नहीं कर रहे हैं। उस वायरल वीडियो के बारे में, जिसमें कथित तौर पर रनौत कुल्लू में उनका स्वागत करने आए बीजेपी विधायकों को नहीं पहचान पाती हैं, चौहान ने कहा, यह मूल रूप से बीजेपी का अंदरूनी मामला है। वह किन्हें पहचानती हैं और किन्हें नहीं, यह उनका अपना मामला है। इसे भी पढ़ें: Vanakkam Poorvottar: हिमालय पर बढ़ते खतरे और पहाड़ों के फूटते गुस्से के बीच केंद्रीय गृह मंत्रालय ने की बैठक, India ने शुरू कर दी बड़ी तैयारी उन्होंने कहा कि हिमाचल प्रदेश के दूसरे BJP सांसदों ने ऐसी कोई शिकायत नहीं की है कि अधिकारी काम नहीं कर रहे हैं। उन्होंने कहा, कमियां हो सकती हैं और सांसद को उन्हें बताने और अधिकारियों, डिप्टी कमिश्नर या फ़ोन पर उनसे चर्चा करने का पूरा अधिकार है। लेकिन सभी पर यह ठप्पा लगाना और यह कहना कि अधिकारी काम नहीं करते, सही नहीं है। चौहान ने कहा कि हर व्यक्ति, चाहे वह अधिकारी हो या कर्मचारी, का अपना आत्म-सम्मान होता है और चुने हुए प्रतिनिधियों को यह बात ध्यान में रखनी चाहिए। BJP के प्रस्तावित महीने भर चलने वाले 'सेवा संकल्प अभियान' पर प्रतिक्रिया देते हुए - जिसके तहत पार्टी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिन पर लगभग 80,000 घरों में दीये जलाने और सेवा कार्य करने की योजना बना रही है - चौहान ने कहा कि ऐसे कार्यक्रम BJP की राजनीतिक पसंद हैं, लेकिन पार्टी को हिमाचल प्रदेश से जुड़े मुद्दों पर ज़्यादा ध्यान देना चाहिए। उन्होंने कहा, यह बेहतर होता अगर BJP यह समझती कि हिमाचल प्रदेश के लिए क्या ज़रूरी है और राज्य के लोगों की प्राथमिकताएं क्या हैं। इसे भी पढ़ें: 'मुझे झूठे वादे मत सुनाओ', MPLADS फंड खर्च न होने पर भड़कीं Kangana Ranaut, मंडी के अधिकारियों को लगाई फटकार उन्होंने कहा कि हिमाचल गंभीर आर्थिक और आपदा-संबंधी चुनौतियों का सामना कर रहा है और राजनीतिक दलों को राज्य की वित्तीय स्थिति को मजबूत करने और केंद्र से अपने जायज अधिकार हासिल करने के लिए मिलकर काम करना चाहिए। चौहान ने आरोप लगाया कि बीजेपी का ध्यान प्रतीकात्मक राजनीतिक कार्यक्रमों, जैसे दीये जलाने और अन्य आयोजन करने पर ही रहा, जबकि असली मुद्दा यह है कि राजनीतिक दल समाज और युवा पीढ़ी के भविष्य के लिए क्या कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि युवा पीढ़ी राजनीतिक दलों के कामकाज और सरकार व विपक्ष में रहते हुए उनकी भूमिका का बारीकी से आकलन करती है।
श्रीलंका के बाद दलीप ट्रॉफी में भी चला पडिक्कल का बल्ला
श्रीलंका के खिलाफ दो शतक जड़ने वाले देवदत्त पडिक्कल ने दलीप ट्रॉफी 2026 के फाइनल में भी शानदार फॉर्म जारी रखते हुए 62 रन बनाए. वहीं ईशान किशन ने 270 रनों की दमदार पारी खेलकर ईस्ट जोन को 708 रन तक पहुंचाया. किशन दलीप ट्रॉफी में 250 से ज्यादा रन बनाने वाले भारत के पहले विकेटकीपर-बल्लेबाज भी बन गए हैं.
US-IRAN का एक दूसरे पर तगड़ा अटैक, तबाही मचाने पर तुले दोनों
अमेरिकी और ईरान के बीच एक बार फिर टेंशन बढ़ गई है, ईरान और अमेरिका के बीच युद्ध एक बार फिर बेहद गंभीर स्तर पर पहुंच गया है. ईरान ने दावा किया है कि उसकी सेना इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने एक अमेरिकी एयरक्राफ्ट कैरियर और अमेरिकी नौसेना के डिस्ट्रॉयर पर कई बैलिस्टिक मिसाइलें दागी है.
PMCH Patna के 120 साल पुराने जनरल अस्पताल भवन पर चला बुलडोजर
(कल रात जारी समाचार को पुन: जारी करते हुए)पटना, आठ सितंबर पटना मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल (पीएमसीएच) परिसर में स्थित ऐतिहासिक पुराने जनरल अस्पताल भवन के प्रसिद्ध ‘हथवा वार्ड’ को सोमवार को बुलडोजर से गिराने का काम शुरू कर दिया गया। इसके साथ ही 120 साल से अधिक पुरानी इस ऐतिहासिक इमारत को ध्वस्त करने की प्रक्रिया शुरू हो गई है। महात्मा गांधी ने मई 1947 में इस भवन का दौरा किया था। पिछले कुछ वर्षों से ‘पीएमसीएच एलुमनाई एसोसिएशन’, विरासत प्रेमियों, गांधीवादी और कई जाने-माने डॉक्टर बिहार सरकार से प्रतिष्ठित पुराने बांकीपुर जनरल अस्पताल भवन तथा परिसर की कुछ अन्य ऐतिहासिक इमारतों को ध्वस्त नहीं करने और इन इमारतों को संस्थान के ‘‘गौरवशाली अतीत की यादों’’ के रूप में संरक्षित किए जाने की अपील कर रहे थे। पीएमसीएच की पुरानी इमारतों को चरणबद्ध तरीके से ध्वस्त किया जा रहा है। यह संस्थान 101 साल से भी पहले तत्कालीन बिहार और उड़ीसा के पहले मेडिकल कॉलेज के रूप में स्थापित हुआ था। राजधानी के बीचों-बीच गंगा किनारे स्थित इसके विशाल परिसर में अब इनकी जगह आधुनिक और ऊंची इमारतें बनाई जा रही हैं। इस संस्थान की स्थापना 1925 में मूल रूप से ‘प्रिंस ऑफ वेल्स मेडिकल कॉलेज’ के नाम से हुई थी। इसका नामकरण तत्कालीन प्रिंस ऑफ वेल्स (बाद में महाराजा एडवर्ड अष्टम) की दिसंबर 1921 में पटना यात्रा की स्मृति में किया गया था। भारत की आजादी के कुछ दशकों बाद इसका नाम बदलकर पीएमसीएच कर दिया गया। यह मेडिकल कॉलेज 1874 में पटना में स्थापित टेंपल मेडिकल स्कूल से विकसित हुआ था। बांकीपुर जनरल अस्पताल (बाद में पटना जनरल अस्पताल) का निर्माण करीब 1904 में हुआ था। यह अस्पताल पहले मेडिकल स्कूल और बाद में मेडिकल कॉलेज से संबद्ध हो गया। कुछ महीने पहले पीएमसीएच के करीब एक सदी पुराने पहले छात्रावास ‘ओल्ड बॉयज हॉस्टल’ को भी पुनर्विकास परियोजना के तहत गिरा दिया गया था। यह छात्रावास पुराने जनरल अस्पताल भवन के सामने स्थित था। इस घटना से बिहार से लेकर ब्रिटेन तक रहने वाले कई पूर्व छात्र दुखी हुए और इससे जुड़ी उनकी पुरानी यादें ताजा हो गईं। इस छात्रावास को गिराने की कार्रवाई कॉलेज की 101वीं वर्षगांठ के आयोजन के महज दो महीने बाद हुई थी। वर्षगांठ समारोह ओल्ड बॉयज हॉस्टल के परिसर में ही आयोजित किया गया था। पुराने जनरल अस्पताल भवन को गिराने की तैयारियां पिछले कुछ महीनों से जारी थीं। इसके तहत भवन के पुराने दरवाजे और खिड़कियां निकाल दी गई थीं, ताकि ध्वस्तीकरण का रास्ता साफ हो सके। दो मंजिला पुराने बांकीपुर जनरल अस्पताल भवन में ब्रिटिश काल की एक लिफ्ट लगी हुई है। इसमें उत्तर दिशा में हथवा वार्ड और दक्षिण दिशा में गुजरी वार्ड स्थित थे। भवन के भूतल और पहली मंजिल पर अन्य चिकित्सा वार्ड भी थे। पीएमसीएच के लगभग सभी वार्ड और अधीक्षक का कार्यालय परिसर में बनी नयी इमारतों में स्थानांतरित किए जा चुके हैं। इन नयी इमारतों का पिछले दो वर्षों में चरणबद्ध तरीके से उद्घाटन किया गया था। पीएमसीएच के विशाल पुनर्विकास परियोजना की आधारशिला बिहार के तत्कालीन मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने आठ फरवरी 2021 को परिसर में रखी थी। पुनर्विकास योजना के तहत इस स्थान पर 5,540 करोड़ रुपये की लागत से 5,462 बिस्तरों वाला अस्पताल परिसर बनाया जाएगा। परियोजना को सात वर्षों में चरणबद्ध तरीके से पूरा किए जाने की उम्मीद है। हालांकि, इस प्रतिष्ठित चिकित्सा संस्थान में पढ़े और अब अमेरिका, ब्रिटेन तथा अन्य देशों में सेवा दे रहे कई पूर्व छात्रों के साथ-साथ पीएमसीएच में कार्यरत चिकित्सकों ने इस बात पर अफसोस जताया कि पुनर्विकास परियोजना में संस्थान की प्रसिद्ध विरासत इमारतों के संरक्षण को ‘‘ध्यान में नहीं रखा गया’’। गांधीवादियों और विरासत प्रेमियों ने भी इस प्रतिष्ठित ऐतिहासिक इमारत और परिसर की अन्य विरासत संरचनाओं को बचाने की अपील की थी, लेकिन उनकी अपील बेअसर रही। परिसर की कई ऐतिहासिक इमारतें पहले ही पूरी तरह या आंशिक रूप से गिराई जा चुकी हैं।
प्रधानमंत्री मोदी के मुंबई दौरे से पहले BKC स्थित नीता मुकेश अंबानी अंबानी कल्चरल सेंटर से दो संदिग्ध व्यक्तियों को हिरासत में लिया गया है. सूत्रों के मुताबिक, इनमें से एक के पास से बंदूक और एक के पास से PMO का फर्जी पहचान पत्र मिला है.
Apple का साल का सबसे बड़ा लॉन्च इवेंट 9 सितंबर 2026 को होने जा रहा है। 'Surprise and shine'” नाम से होने वाले इस इवेंट में कंपनी नई iPhone 18 Pro सीरीज के साथ अपने इतिहास का पहला फोल्डेबल iPhone पेश कर सकती है। यह इवेंट Apple के नए CEO John Ternus ...
MPSC प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे बड़ी संख्या में छात्र MPSC पेपर लीक के विरोध में क्रांति चौक पर जमा हुए। छात्रों ने परीक्षा प्रणाली में पारदर्शिता की मांग करते हुए नारे लगाए। छात्रों ने महाराष्ट्र लोक सेवा आयोग (MPSC) के अध्यक्ष के इस्तीफे की मांग की। छात्रों का कहना है कि पेपर लीक जैसी घटनाएं उन हजारों उम्मीदवारों का आत्मविश्वास कम करती हैं जिन्होंने परीक्षाओं के लिए कड़ी मेहनत और तैयारी की है, और इसका सीधा असर उनके भविष्य पर पड़ता है। इसे भी पढ़ें: MPSC Paper Leak Update: आरोपी Nakate ने लैपटॉप खाड़ी में फेंका, Rutuja Patil को मिली Police Custody प्रदर्शनकारियों ने सख्त कार्रवाई की मांग की प्रदर्शनकारियों ने पेपर लीक मामले के लिए ज़िम्मेदार लोगों के ख़िलाफ़ सख्त कार्रवाई की मांग की। उनका कहना है कि इस मामले की निष्पक्ष और पूरी तरह से जांच होनी चाहिए ताकि यह साफ़ हो सके कि पेपर लीक के पीछे कौन ज़िम्मेदार है और ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए सिस्टम में क्या बदलाव किए जाएंगे। छात्रों ने सरकार से अपील की है कि वे प्रतियोगी परीक्षाओं की प्रक्रिया को पूरी तरह पारदर्शी बनाएं और उम्मीदवारों के भविष्य को लेकर स्पष्ट फ़ैसले लें। क्रांति चौक पर बड़ी संख्या में छात्रों के इकट्ठा होने से यह आंदोलन तेज़ हो गया है। प्रदर्शन के दौरान, छात्र लगातार अपनी मांगों के समर्थन में नारे लगाते रहे। MPSC उम्मीदवारों ने बड़े पैमाने पर भ्रष्टाचार और पेपर लीक का आरोप लगाया MPSC उम्मीदवारों ने बड़े पैमाने पर भ्रष्टाचार और पेपर लीक का आरोप लगाया और हाल ही में हुई भर्ती परीक्षाओं की उच्च-स्तरीय जांच की मांग की। प्रदर्शनकारी शहर के क्रांति चौक इलाके में जमा हुए और महाराष्ट्र लोक सेवा आयोग (MPSC) के शीर्ष पदों पर साफ़ छवि वाले अधिकारियों की तत्काल नियुक्ति की मांग की। सोमवार को पुणे में भी ऐसा ही एक मार्च निकाला गया था।
Kochi में कॉलेज छात्राओं की अश्लील सामग्री प्रसारित करने पर दो छात्र POCSO Act में फंसे
कोच्चि, आठ सितंबर केरलम के कोच्चि में शिक्षकों और छात्राओं की अश्लील तस्वीरें और वीडियो प्रसारित करने के मामले में गिरफ्तार दो कॉलेज छात्रों के खिलाफ यौन अपराधों से बच्चों का संरक्षण (पॉक्सो) अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया गया है। पुलिस ने यह जानकारी दी। पुलिस ने बताया कि छात्रों के इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों से बाल यौन शोषण सामग्री मिलने के बाद यह कार्रवाई की गई। कोच्चि शहर के पुलिस आयुक्त एस. कलिराज महेश कुमार ने बताया कि यह सामग्री थ्रिक्काकरा स्थित भारत माता कॉलेज के बीबीए लॉजिस्टिक्स के द्वितीय वर्ष के छात्र श्रीहरि और एक अन्य छात्र सनीश के मोबाइल फोन तथा अन्य इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों से मिली। उन्होंने बताया कि दोनों को भारत माता कॉलेज के शिक्षकों और छात्राओं की कथित रूप से छेड़छाड़ कर तैयार की गई अश्लील तस्वीरें और वीडियो प्रसारित करने के आरोप में गिरफ्तार किया गया था। कुमार ने बताया कि दोनों आरोपी ‘टेलीग्राम’ पर एक सशुल्क समूह के सदस्य थे, जहां ऐसी तस्वीरें और वीडियो पैसों के बदले कथित तौर पर साझा किए जाते थे। उन्होंने यहां संवाददाताओं से कहा, “प्रीमियम समूह बनाने के पीछे उनका उद्देश्य ऐसी तस्वीरों और वीडियो के जरिए पैसा कमाना था।”पुलिस के अनुसार, श्रीहरि को पिछले सप्ताह गिरफ्तार किया गया था, जबकि सनीश को एक दिन पहले पकड़ा गया। कुमार ने बताया कि टेलीग्राम समूह के अन्य सदस्यों के खिलाफ भी उनकी भूमिका और जुटाए गए सबूतों के आधार पर कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी। अधिकारी ने बताया कि इस मामले के सिलसिले में कई लोगों से पूछताछ की जा रही है। उन्होंने बताया, “हो सकता है कि कुछ लोग गलती से या समूह के उद्देश्य के बारे में जानकारी नहीं होने के कारण इसमें शामिल हो गए हों। हमें जो भी सबूत मिलेंगे, उनके आधार पर कार्रवाई की जाएगी।”पुलिस के अनुसार, श्रीहरि से जब्त उपकरणों की प्रारंभिक जांच में उसके सहपाठियों और शिक्षकों की छेड़छाड़ कर बनाई गई तस्वीरें और वीडियो मिले हैं। दर्ज प्राथमिकी (एफआईआर) के अनुसार, श्रीहरि 2025 से कॉलेज के शिक्षकों और छात्रों की तस्वीरें और वीडियो कथित रूप से बना रहा था। प्राथमिकी के मुताबिक, वह इन तस्वीरों व वीडियो में छेड़छाड़ कर उन्हें अश्लील सामग्री में बदल देता था और फिर ‘टेलीग्राम’ तथा ‘इंस्टाग्राम’ पर अपलोड करता था, जहां उन्हें विभिन्न समूहों में कथित तौर पर साझा किया जाता था।
केतु-सूर्य की युति खत्म! 17 सितंबर से 3 राशियों के अच्छे दिन शुरू
17 सितंबर को सूर्य सिंह राशि से निकलकर कन्या राशि में गोचर करने वाले हैं. इससे पहले सूर्य की सिंह राशि में केतु के सात युति बन रही थी, जो इस गोचर के साथ ही खत्म हो जाएगी. ज्योतिषविदों का कहना है कि केतु की छाया से बाहर आते ही सूर्य देव तीन राशियों को लाभ दे सकते हैं.
गर्मी में नहीं तपता ये खास मार्बल, सऊदी के मक्का में भी इसी का कमाल
जो भी व्यक्ति भीषण गर्मी के दौरान काबा के चारों ओर नंगे पैर चला है, वह इस एहसास को जानता है. सूरज की तपिश तेज होती है, हवा गर्मी से भरी होती है, फिर भी पैरों के नीचे बिछा संगमरमर गर्म होकर नहीं जलता. इस सवाल का जवाब मार्बल के पीछे छिपा है.
भारत राष्ट्र समिति (BRS) के कार्यकारी अध्यक्ष केटी रामा राव (KTR) को पुलिस ने हिरासत में ले लिया। उन्होंने आरोप लगाया कि तेलंगाना पुलिस कांग्रेस कार्यकर्ताओं और नेताओं को पूर्व मुख्यमंत्री के. चंद्रशेखर राव (KCR) के आवास की ओर जाने में मदद कर रही थी। KTR ने आरोप लगाया कि जहाँ कांग्रेस कार्यकर्ताओं और नेताओं को KCR के आवास की ओर जाने दिया जा रहा था, वहीं BRS नेताओं और कार्यकर्ताओं को पुलिस रोक रही थी। KTR ने कहा, पुलिस उन कांग्रेस के गुंडों और उपद्रवियों की मदद कर रही है जिन्हें शहर से बाहर निकाला गया था, और उन्हें KCR के आवास तक पहुँचा रही है। उन्होंने कहा, लेकिन जब मैं अपने घर जाने की कोशिश करता हूँ, तो मुझे हमारी पार्टी के नेताओं और कार्यकर्ताओं के साथ रोका जा रहा है। KTR ने आगे आरोप लगाया कि पुलिस बैरिकेड लगाकर और कांग्रेस कार्यकर्ताओं की आवाजाही में मदद करके KCR के घर पर हमले का रास्ता बना रही है। इसे भी पढ़ें: Telangana Politics में बढ़ा उबाल, KCR के घर पर Congress का हल्लाबोल, Speaker अपमान का मामला उन्होंने कहा, कांग्रेस कार्यकर्ताओं, नेताओं और विधायकों को KCR के घर तक पहुँचने दिया जा रहा है। यहाँ तक कि पड़ोसी जिलों से लाए गए लोगों के बड़े समूहों को भी उनके घर की ओर जाने दिया जा रहा है, जबकि हमारी पार्टी के नेताओं को रोका जा रहा है। KTR ने पूछा, यह कैसा न्याय है? उन्होंने यह भी चेतावनी दी कि अगर KCR के घर पर कोई अप्रिय घटना होती है, तो सरकार और पुलिस प्रशासन को जिम्मेदार ठहराया जाएगा। KTR ने कहा, अगर KCR के साथ कुछ भी होता है, तो सरकार और पूरा पुलिस प्रशासन पूरी तरह से जिम्मेदार होगा। इससे पहले दिन में, पार्टी प्रमुख K चंद्रशेखर राव के समर्थन में प्रस्तावित दौरे को लेकर बढ़े तनाव के बीच, जब पुलिस ने हकीमपेट के पास KT रामा राव, वरिष्ठ नेता T हरीश राव और पार्टी के अन्य विधायकों की गाड़ियों को रोक दिया, तो वे पैदल ही एर्रावेली की ओर निकल पड़े। इसे भी पढ़ें: BRS MLCs की गिरफ्तारी का Congress ने किया स्वागत, Motha Rohit बोले- Dalit Speaker का अपमान कतई बर्दाश्त नहीं बोल्लाराम चौराहे पर भारी पुलिस बल तैनात किया गया था और पुलिस ने BRS विधायकों को एर्रावेल्ली की ओर जाने से रोक दिया, जहाँ KCR मौजूद हैं। पुलिस की इस कार्रवाई के बाद, KTR, हरीश राव और BRS के अन्य विधायक पैदल ही एर्रावेल्ली की ओर बढ़ने लगे। BRS का आरोप है कि पुलिस उसके उन विधायकों को गिरफ्तार करने की कोशिश कर रही थी जो KCR की सुरक्षा के लिए एर्रावेल्ली जा रहे थे, जबकि उसी इलाके की ओर जा रहे कांग्रेस नेताओं को बिना रोक-टोक जाने दिया जा रहा था। तेलंगाना विधानसभा के स्पीकर गड्डम प्रसाद कुमार के खिलाफ कथित अपमानजनक और अभद्र टिप्पणी करने के मामले में सैफबाद पुलिस ने टाटा मधु को गिरफ्तार किया। पुलिस अधिकारियों के मुताबिक, टाटा मधु को आज सुबह 7 बजे गिरफ्तार किया गया।
Telangana Politics में बढ़ा उबाल, KCR के घर पर Congress का हल्लाबोल, Speaker अपमान का मामला
कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने एर्रावल्ली में BRS अध्यक्ष के. चंद्रशेखर राव (KCR) के घर के बाहर विरोध प्रदर्शन किया। यह प्रदर्शन BRS MLC मधु और नवीन रेड्डी द्वारा विधानसभा के बाहर तेलंगाना विधानसभा अध्यक्ष गड्डम प्रसाद कुमार के खिलाफ की गई कथित टिप्पणियों को लेकर किया गया। प्रदर्शनकारियों ने BRS नेताओं के खिलाफ नारे लगाए और स्पीकर के खिलाफ की गई कथित टिप्पणियों पर कार्रवाई की मांग की। इस बीच, BRS ने आरोप लगाया कि KCR के घर के बाहर विरोध प्रदर्शन के दौरान पुलिस ने कांग्रेस कार्यकर्ताओं को सुरक्षा दी। विधानसभा सत्र के पहले दिन विधानसभा परिसर में BRS नेताओं और अधिकारियों के बीच हुई झड़प के बाद विवाद खड़ा हो गया। इसके बाद यह घटना सत्ताधारी कांग्रेस और विपक्षी BRS के बीच एक नए राजनीतिक टकराव में बदल गई। इसे भी पढ़ें: BRS MLCs की गिरफ्तारी का Congress ने किया स्वागत, Motha Rohit बोले- Dalit Speaker का अपमान कतई बर्दाश्त नहीं मंगलवार को BRS प्रमुख KTR को पुलिस ने हिरासत में ले लिया; उन्होंने आरोप लगाया कि तेलंगाना पुलिस कांग्रेस कार्यकर्ताओं और नेताओं को KCR के घर की ओर जाने में मदद कर रही थी। KTR ने आरोप लगाया कि जहाँ कांग्रेस कार्यकर्ताओं और नेताओं को KCR के घर की ओर जाने दिया जा रहा था, वहीं BRS नेताओं और कार्यकर्ताओं को पुलिस रोक रही थी। KTR ने कहा, पुलिस कांग्रेस के उन गुंडों और बदमाशों की मदद कर रही है जिन्हें शहर से बाहर निकाला गया है, और उन्हें KCR के घर तक सुरक्षा दे रही है। पुलिस द्वारा हकीमपेट के पास उनकी गाड़ियाँ रोके जाने के बाद KT रामा राव, वरिष्ठ नेता T हरीश राव और पार्टी के अन्य विधायक पैदल ही एर्रावेल्ली की ओर निकल पड़े। बोलाराम चौराहे पर भारी पुलिस बल तैनात था और उन्होंने BRS विधायकों को एर्रावेल्ली की ओर जाने से रोक दिया, जहाँ KCR मौजूद हैं। इसे भी पढ़ें: Telangana Assembly में BRS MLC की टिप्पणी पर बवाल, सदन की कार्यवाही स्थगित पुलिस की कार्रवाई के बाद, KTR, हरीश राव और BRS के अन्य विधायक पैदल ही एर्रावेल्ली की ओर चल पड़े। BRS ने आरोप लगाया कि पुलिस उसके उन विधायकों को गिरफ्तार करने की कोशिश कर रही थी जो KCR की रक्षा के लिए एर्रावेल्ली जा रहे थे, जबकि उसी इलाके की ओर जा रहे कांग्रेस नेताओं को बिना रोक-टोक जाने दिया जा रहा था। तेलंगाना के मुख्यमंत्री A रेवंत रेड्डी और उपमुख्यमंत्री मल्लू भट्टी विक्रमार्का ने मंगलवार को तेलंगाना विधानसभा अध्यक्ष गड्डम प्रसाद कुमार से उनके कक्ष में मुलाकात की और विधानसभा सत्र के पहले दिन हुई हंगामेदार घटनाओं के बाद उनके प्रति एकजुटता व्यक्त की।
भारत की 10 सबसे खूबसूरत झीलें, जहां हर तरफ है जन्नत जैसा नजारा!
Beautiful lakes in India: अगर आपको पहाड़, पानी और प्रकृति के खूबसूरत नजारे पसंद हैं तो भारत की इन झीलों को अपनी ट्रैवल लिस्ट में जरूर शामिल करें. लद्दाख से लेकर कश्मीर, उत्तराखंड और सिक्किम तक फैली ये झीलें अपनी खूबसूरती और शांत माहौल के लिए खास हैं. यहां आप परिवार या दोस्तों के साथ घूमने का प्लान बना सकते हैं.
सत्य निकेतन त्रासदी: 7 मौतें, अब भय से पलायन कर रहे DU छात्र
दक्षिण दिल्ली के सत्य निकेतन में 5 मंजिला इमारत ढहने से हुई 7 मौतों ने पूरे साउथ कैंपस को खौफ में डाल दिया है. ₹25 हजार तक भारी-भरकम किराया वसूलने वाले प्राइवेट हॉस्टलों की असलियत सामने आते ही दिल्ली विश्वविद्यालय के आउटस्टेशन छात्रों में पलायन मच गया है. मलबे का डर, जर्जर छतें और घर से रोते माता-पिता के फोन, हादसे के बाद छात्र सूटकेस समेटकर वापस लखनऊ, राजस्थान और हरियाणा लौटने को मजबूर हैं.
Kiren Rijiju ने कहा: मणिपुरी संगीतकार हत्याकांड में Delhi Police 8-9 दिन में दाखिल करेगी चार्जशीट
नयी दिल्ली, आठ सितंबर केंद्रीय संसदीय कार्य मंत्री किरेन रीजीजू ने मंगलवार को कहा कि दिल्ली पुलिस ने उन्हें भरोसा दिलाया है कि दक्षिण दिल्ली में मणिपुरी संगीतकार सी. विक्रम सिंह की हत्या के मामले में आठ से नौ दिन के भीतर आरोपपत्र दाखिल कर दिया जाएगा। उन्होंने इस घटना में शामिल लोगों के लिए कड़ी से कड़ी सजा की मांग की। रीजीजू ने बताया कि उन्होंने दिल्ली पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों से बात की है, जिनमें वे अधिकारी भी शामिल हैं, जो पूर्वोत्तर के लोगों से जुड़े मामलों को देखते हैं, और वह खुद इस जांच पर नजर रखे हुए हैं। उन्होंने संवाददाताओं से कहा, ‘‘पुलिस ने मुझे भरोसा दिलाया है कि आठ से नौ दिन के भीतर आरोपपत्र दाखिल कर दिया जाएगा।’’ उन्होंने कहा कि जांच अधिकारी आरोपियों के खिलाफ मजबूत मामला तैयार करने में ‘‘कोई कसर नहीं छोड़ेंगे।’’मणिपुर के रहने वाले 54 वर्षीय संगीतकार सी. विक्रम सिंह कई वर्षों से किलोकरी गांव में रह रहे थे। सोमवार सुबह कुछ लोगों ने उन पर उस वक्त कथित तौर पर हमला कर दिया, जब उन्होंने अपने अपार्टमेंट के बाहर शोर मचाने और शराब पीने पर आपत्ति जताई थी। इस घटना में सिंह की मौत हो गई। पुलिस ने इस मामले में सात लोगों को गिरफ्तार किया है और एक नाबालिग को पकड़ा है। रीजीजू ने कहा कि आठों आरोपी अलग-अलग राज्यों से हैं, जिनमें झारखंड, उत्तर प्रदेश, मध्यप्रदेश और बिहार शामिल हैं। सिंह की मौत को ‘‘बहुत दुर्भाग्यपूर्ण’’ बताते हुए मंत्री ने कहा कि घटना के बाद पुलिस ने तेजी से कार्रवाई की और आरोपियों का पता लगाया। उन्होंने कहा, ‘‘कड़ी से कड़ी सजा दी जानी चाहिए।’’रीजीजू ने कहा कि पुलिस अधिकारी सिंह के परिवार के संपर्क में हैं और उनके शव को बुधवार को विमान से इंफाल ले जाने की व्यवस्था कर ली गई है। कांग्रेस नेता राहुल गांधी द्वारा पूर्वोत्तर के लोगों की सुरक्षा को लेकर चिंता जताए जाने के संबंध में पूछे जाने पर रीजीजू ने कहा कि इस घटना का राजनीतिकरण नहीं किया जाना चाहिए। रीजीजू ने कहा, ‘‘देखिए, यह राजनीति का समय नहीं है। मैं बार-बार यही कह रहा हूं। इसमें भाजपा कहां से आ गई? जब ऐसी कोई घटना होती है और किसी की मौत हो जाती है, तो हमें तुरंत कार्रवाई करने के बारे में बात करनी चाहिए। यह राजनीति करने का विषय नहीं है।’’मंत्री ने कहा, ‘‘पूर्वोत्तर के सभी लोग इसलिए परेशान हैं, क्योंकि वह (सिंह) मणिपुर से हैं। लेकिन आखिरकार, वह एक भारतीय हैं। हम सभी को इसकी चिंता होनी चाहिए। सिर्फ पूर्वोत्तर ही क्यों? हर भारतीय को चिंता होनी चाहिए। हर जिंदगी कीमती है।’’उन्होंने कहा कि दिल्ली पुलिस की एक खास इकाई, जो पूर्वोत्तर के लोगों से जुड़े मामलों को देखती है, इस मामले में समन्वय कर रही है। साथ ही, उन्होंने दावा किया कि ऐसी घटनाओं के होने पर पुलिस की ओर से तुरंत कार्रवाई सुनिश्चित करने के लिए तंत्र मौजूद है। पुलिस के मुताबिक, सनलाइट कॉलोनी पुलिस थाने को सिंह पर हमले के बारे में सूचना मिली। शुरुआती जांच में पता चला कि मेइती समुदाय के सिंह ने कुछ लोगों के एक समूह को अपने घर के बाहर शोर-शराबा करने से रोका था। उन लोगों ने कथित तौर पर सिंह पर कई बार घूंसे और मुक्के मारे, जिससे उन्हें चोटें आईं। उनके बेटे याइफाबा उन्हें तुरंत होली फैमिली अस्पताल ले गए, जहां बाद में उनकी मौत हो गई। आरोपियों की पहचान भरत कुमार (19), प्रमोद (26), रमजान खान (22), दीपांशु (21), मोहन विश्वकर्मा (32), विजय (36), मन्नू (26) और एक नाबालिग के तौर पर हुई है। पुलिस ने बताया कि वे अलग-अलग ढाबों और खाने-पीने की चीजों की दुकानों पर काम करते हैं।
'शुगर डैडी को भी मार डालूंगा', पत्नी की सिर फ्रिज में रखने वाले पति ने मीडिया के सामने दी धमकी
असम के गुवाहाटी में नवविवाहिता पत्नी की वीभत्स हत्या के आरोपी रामानुज गोस्वामी को अदालत ने सात दिनों की पुलिस कस्टडी में भेज दिया है।
इलाहाबाद हाई कोर्ट ने पुलिस की थ्योरी को खारिज कर दिया और प्रशासनिक लापरवाही के लिए जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई को लेकर कड़ा संदेश दिया। साथ ही, कोर्ट ने नोएडा औद्योगिक क्षेत्र में वेतन वृद्धि की मांग को लेकर हुए श्रमिकों के आंदोलन के सिलसिले में दिल्ली विश्वविद्यालय की लॉ छात्रा आकृति चौधरी पर लगाए गए राष्ट्रीय सुरक्षा कानून (NSA) के आरोपों को भी रद्द कर दिया। जस्टिस अतुल श्रीधरन और जस्टिस अचल सचदेव की खंडपीठ एक बंदी प्रत्यक्षीकरण (habeas corpus) याचिका पर सुनवाई कर रही थी। मामले की गहन जांच के दौरान, हाई कोर्ट ने पाया कि हालांकि राज्य पुलिस और जिला प्रशासन ने आरोपी के खिलाफ गंभीर आरोप लगाए थे, लेकिन वे उन्हें साबित करने के लिए कोई ठोस सबूत या वीडियो फुटेज पेश करने में विफल रहे। इसे भी पढ़ें: Matrimonial Dispute: दिल्ली हाई कोर्ट का अहम फैसला, Divorce के लिए 'आखिरी बार जहां साथ रहे' वही Court तय करेगा Jurisdiction अदालत को यह साफ़ हो गया कि आकृति चौधरी को 11 अप्रैल को पुलिस हिरासत में ले लिया गया था, जबकि उस इलाके में असली हिंसा 13 अप्रैल को भड़की थी। बेंच ने सवाल उठाया कि जो व्यक्ति पहले से ही पुलिस हिरासत में है, उसे बाद में हुई हिंसा और आगजनी की घटनाओं के लिए कैसे ज़िम्मेदार ठहराया जा सकता है। इसके अलावा, BNSS की धारा 130 के तहत जारी नोटिस को गिरफ़्तारी के बाद तैयार की गई महज़ एक औपचारिकता पाया गया। अदालत ने ज़िला प्रशासन द्वारा NSA लागू करने के फ़ैसले को बहुत ज़्यादा सख़्त और गैर-ज़िम्मेदाराना बताया। हाईकोर्ट ने साफ़ किया कि सख़्त प्रिवेंटिव डिटेंशन कानूनों का इस्तेमाल किसी नागरिक को ज़मानत के सामान्य अधिकार से वंचित करने के हथियार के तौर पर नहीं किया जा सकता। अदालत ने कहा कि अगर सरकारी तंत्र ठोस सबूतों के बिना केवल अपनी राय और अनुमानों के आधार पर किसी नागरिक की व्यक्तिगत आज़ादी (अनुच्छेद 21) का उल्लंघन करता है, तो अदालतें मूक दर्शक बनकर नहीं रहेंगी। इसे भी पढ़ें: Meghalaya High Court ने UP के छात्रों पर दर्ज FIR की रद्द, होमस्टे में की थी तोड़फोड़ कोर्ट ने याचिका मंज़ूर कर ली और राज्य सरकार को ₹5 लाख का मुआवज़ा देने का आदेश दिया। हाई कोर्ट ने खास तौर पर ज़ोर दिया कि यह मुआवज़े की रकम सरकारी खजाने से नहीं दी जाएगी, बल्कि इसके लिए ज़िम्मेदार सभी अधिकारियों की सैलरी से वसूली की जाएगी। इनमें ज़िला मजिस्ट्रेट (गौतम बुद्ध नगर) जिन्होंने मनमाना फ़ैसला लिया, शुरुआती रिपोर्ट तैयार करने वाले स्टेशन हाउस ऑफ़िसर (SHO) और दूसरे संबंधित पुलिस अधिकारी शामिल हैं। कोर्ट ने यह भी कहा कि भारतीय संविधान के आर्टिकल 19(1)(a) और 19(1)(b) के तहत, नागरिकों को बिना हथियारों के शांति से इकट्ठा होने और अपना विरोध दर्ज कराने का मौलिक अधिकार है। अपने फ़ैसले में इलाहाबाद हाई कोर्ट ने साफ़ किया कि लोकतंत्र में शांतिपूर्ण विरोध एक सेफ़्टी वॉल्व की तरह काम करता है और इसे मनमाने ढंग से दबाया नहीं जा सकता।
Maruti Suzuki ने भारतीय बाजार में 2026 Baleno Facelift लॉन्च कर दी है। इसकी शुरुआती एक्स-शोरूम कीमत ₹6.10 लाख रखी गई है। कंपनी ने इस प्रीमियम हैचबैक को मिड-लाइफ अपडेट दिया है, जिसमें डिजाइन में बदलाव के साथ नए इंटीरियर फीचर्स, अतिरिक्त सेफ्टी फीचर्स ...
CMRL Case Update: केरल के मुख्यमंत्री Pinarayi Vijayan और उनकी बेटी Veena के खिलाफ ED ने मांगी FIR
एनफोर्समेंट डायरेक्टरेट (ED) ने मंगलवार को केरल के डायरेक्टर जनरल ऑफ़ पुलिस (DGP) को पत्र लिखकर पूर्व मुख्यमंत्री पिनाराई विजयन, उनकी बेटी टी. वीना और दामाद व विधायक पी.ए. मोहम्मद रियास के ख़िलाफ़ FIR दर्ज करने की मांग की है। यह मामला कोचीन मिनरल्स एंड रूटाइल लिमिटेड (CMRL) से जुड़े कथित रिश्वत मामले से संबंधित है। यह मामला मनी लॉन्ड्रिंग और CMRL तथा विजयन की बेटी की कंपनी 'एक्सलॉजिक सॉल्यूशंस' से जुड़ी संस्थाओं के बीच संदिग्ध अनियमित वित्तीय लेन-देन के आरोपों से जुड़ा है। पिछले महीने, ED ने CMRL वित्तीय लेन-देन मामले की जांच के सिलसिले में केरल के कोझिकोड में आठ जगहों पर तलाशी ली थी। इसे भी पढ़ें: वाल्मीकि निगम मामले में ED ने पूर्व मंत्री B Nagendra का बयान दर्ज किया इस मामले की जानकारी रखने वाले अधिकारियों ने बताया कि ये तलाशी अभियान, इस मामले में ED द्वारा इस साल 27 मई को की गई पिछली छापेमारी का ही अगला कदम था। उन्होंने कहा कि मई में की गई तलाशी के दौरान, केंद्रीय एजेंसी को केरल के पूर्व मुख्यमंत्री पिनाराई विजयन की बेटी वीना से जुड़े कथित मनी ट्रेल (पैसे के लेन-देन) के कुछ नए सबूत मिले थे। 27 मई को, ED के कोच्चि ज़ोन ने CMRL के डायरेक्टर SN शशिधरन कार्था, सरन S कार्था, वीना और उनकी कंपनी 'एक्सलॉजिक सॉल्यूशंस प्राइवेट लिमिटेड' के खिलाफ़ मामले में 10 जगहों पर तलाशी ली थी। इसे भी पढ़ें: सांप्रदायिक सौहार्द बिगाड़ने और संदिग्ध फंडिंग का आरोप, TMC सांसद Nadimul Haque के उर्दू अखबार से जुड़ी जगहों पर ED की ताबड़तोड़ छापेमारी उस समय तलाशी अभियान में कोट्टायम, एर्नाकुलम, कन्नूर, तिरुवनंतपुरम और बेंगलुरु की जगहें शामिल थीं। CMRL एक पब्लिक लिस्टेड कंपनी है, जिसमें 48.75 प्रतिशत शेयर आम जनता के पास हैं और 13.41 प्रतिशत शेयर केरल सरकार की कंपनी 'केरल स्टेट इंडस्ट्रियल डेवलपमेंट कॉरपोरेशन' के पास हैं (31 मार्च, 2023 तक)। मई में की गई तलाशी के दौरान, कई आपत्तिजनक रिकॉर्ड और अकाउंट, डिजिटल सबूत, निवेश और बैंक फिक्स्ड डिपॉजिट कथित तौर पर मिले थे।
शख्स को पानी में खींच रहा था मगरमच्छ, दिल दहलाने वाला वीडियो वायरल
इन दिनों एक वीडियो की इंटरनेट पर काफी चर्चा हो रही है. इसमें एक शख्स को मगरमच्छ अपने जबड़े में दबाकर पानी में खींचता नजर आ रहा है. शख्स इतना बेबस हो चुका था कि उसके मुंह से चीख तक नहीं निकल सकी.
जेल में फोन के इस्तेमाल मामले में प्रज्वल रेवन्ना की बढ़ीं मुश्किलें, पुलिस को मिली कस्टडी
जेल में मोबाइल फोन के इस्तेमाल से जुड़े मामले में प्रज्वल रेवन्ना और प्रताप राय को अदालत ने दो दिन की पुलिस कस्टडी में भेज दिया है. पुलिस ने आरोपियों से पूछताछ के लिए चार दिन की कस्टडी मांगी थी, जबकि बचाव पक्ष ने जेल में ही पूछताछ करने की मांग की.
वडोदरा में मोदी का मेगा शो! ₹35 हजार करोड़ की परियोजनाएं, Gen-Z से संवाद और DFC का बड़ा ऐलान
नई दिल्ली — 9 सितंबर, 2026 — प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मंगलवार को वडोदरा में ₹35,000 करोड़ से ज्यादा की विकास परियोजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास किया। इसमें Western Dedicated Freight Corridor के तीन सेक्शन शामिल हैं, जिससे देश का करीब 2,800 किलोमीटर लंबा DFC नेटवर्क पूरा होने का रास्ता साफ हुआ। पीएम ने Gen-Z के साथ सीधा संवाद किया। कार्यक्रम की मुफ्त ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन एक घंटे में हाउसफुल हो गई और 42,000 लोग वेटिंग लिस्ट में चले गए
18th BRICS Summit के लिए NSG का Operation BRICS Kavach: दिल्ली में सुरक्षा का अभेद्य घेरा तैयार
राष्ट्रीय राजधानी में 18वें ब्रिक्स (BRICS) शिखर सम्मेलन की मेज़बानी की तैयारियाँ ज़ोर पकड़ रही हैं। इस बीच, भारत की खास आतंकवाद-रोधी फ़ोर्स, नेशनल सिक्योरिटी गार्ड (NSG) ने इस हफ़्ते के आखिर में होने वाले इस अहम कार्यक्रम के लिए मज़बूत और कई स्तरों वाली सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित करने के मकसद से 'ब्रिक्स कवच' ऑपरेशन के तहत अपनी सुरक्षा तैयारियों को और बढ़ा दिया है। अपनी आतंकवाद-रोधी और आपातकालीन कार्रवाई की खास रणनीतियों के तहत, यह फ़ोर्स दिल्ली पुलिस समेत अन्य सुरक्षा बलों के साथ मिलकर मॉक ड्रिल और इसी तरह के अन्य अभ्यास कर रही है। इनका मकसद शिखर सम्मेलन की जगह, इसमें शामिल होने वाले नेताओं और कार्यक्रम के दौरान अन्य अहम जगहों की सुरक्षा करना है। इसे भी पढ़ें: Satya Niketan PG हादसे पर AAP का बड़ा आरोप: BJP नेता हैं PG माफिया के असली मालिक 'ब्रिक्स कवच' ऑपरेशन के तहत, NSG ने मंगलवार को दिल्ली में चार अहम जगहों पर कई मॉक ड्रिल कीं। जिन जगहों पर फोर्स ने मॉक ड्रिल कीं, उनमें राजधानी का जवाहरलाल नेहरू (JLN) स्टेडियम, राजघाट, भारत मंडपम और आर्मी पोलो ग्राउंड शामिल थे। इन ड्रिल का मकसद सुरक्षा और बचाव कार्यों की तैयारी करना था, जिनकी ज़रूरत किसी खतरे की स्थिति में पड़ सकती है। अलग-अलग समय पर हुई लगभग चार घंटे की इस ड्रिल के दौरान, NSG कमांडो ने मॉक ड्रिल कीं और JLN स्टेडियम व राजघाट (नई दिल्ली में महात्मा गांधी को समर्पित एक स्मारक परिसर) पर हेलीकॉप्टर से 'स्लिदरिंग' तकनीक का इस्तेमाल किया। ड्रिल के दौरान दिल्ली पुलिस की स्पेशल वेपन्स एंड टैक्टिक्स (SWAT) यूनिट भी मौजूद थी - यह 26/11 मुंबई हमलों के बाद 2009 में बनाई गई एक खास आतंकवाद-रोधी कमांडो फोर्स है। NSG की दूसरी टीमों ने भारत मंडपम (जहां ब्रिक्स समिट होनी है) और आर्मी पोलो ग्राउंड के अंदर भी मॉक ड्रिल कीं। इन चारों जगहों पर NSG की ड्रिल मंगलवार को सुबह 11:30 बजे से दोपहर 2 बजे के बीच हुई और इस ड्रिल में लगभग 100 NSG कमांडो शामिल हुए। इसे भी पढ़ें: Satya Niketan हादसे के बाद MCD को बगल वाली जर्जर इमारत गिराने का आदेश इन एक्सरसाइज़ के दौरान, NSG कमांडोज़ ने रेस्पॉन्डर्स को असल जैसा अनुभव देने के लिए आतंकवादी हमलों के अलग-अलग हालात बनाए। सरकारी अधिकारियों ने बताया कि इन एक्सरसाइज़ का मुख्य मकसद संभावित आतंकी खतरों का अंदाज़ा लगाना और ब्रिक्स समिट के दौरान एक इंटीग्रेटेड टेररिज़्म क्राइसिस मैनेजमेंट सिस्टम को एक्टिवेट करने के लिए ज़रूरी प्रक्रियाओं का अभ्यास करना था, क्योंकि उस समय राष्ट्रीय राजधानी में कई देशों के बड़े नेता मौजूद होंगे।
दिल्ली हाई कोर्ट ने कहा है कि सिर्फ़ इसलिए कि पति-पत्नी पहले दिल्ली में साथ रहते थे, दिल्ली की फ़ैमिली कोर्ट को अधिकार क्षेत्र (टेरिटोरियल ज्यूरिस्डिक्शन) नहीं मिल जाता, अगर वे बाद में कहीं और चले गए हों और आख़िरी बार किसी दूसरी जगह साथ रहे हों। कोर्ट ने कहा कि हिंदू मैरिज एक्ट, 1955 की धारा 19(iii) के तहत, वैवाहिक मामलों में अधिकार क्षेत्र तय करने के लिए वह जगह अहम है जहाँ पक्षकार आख़िरी बार साथ रहे थे। जस्टिस विवेक चौधरी और जस्टिस रेनू भटनागर की डिवीज़न बेंच ने यह टिप्पणी तब की जब वे एक महिला की अपील खारिज कर रहे थे। महिला ने साकेत की फ़ैमिली कोर्ट द्वारा अधिकार क्षेत्र न होने के कारण उसकी तलाक़ की अर्ज़ी लौटाए जाने के फ़ैसले को चुनौती दी थी। इसे भी पढ़ें: AAP National Council Meeting: अरविंद केजरीवाल की नई टीम का आगाज, PAC में बड़े बदलाव की तैयारी कोर्ट ने कहा, सिर्फ़ इस आधार पर कि दोनों पक्ष पहले लगभग डेढ़ साल तक संगम विहार में रहे थे, फैमिली कोर्ट को अधिकार क्षेत्र (टेरिटोरियल ज्यूरिस्डिक्शन) नहीं मिल जाता, जबकि यह माना गया है कि इसके बाद वे गुरुग्राम चले गए और वहीं साथ रहे। कोर्ट ने बताया कि हिंदू मैरिज एक्ट की धारा 19(iii) के तहत ज़रूरी है कि दोनों पक्ष उस कोर्ट के अधिकार क्षेत्र में आखिरी बार साथ रहे हों जहाँ शादी से जुड़ा मामला (मैट्रिमोनियल पिटीशन) दायर किया गया है। अपील करने वाली पत्नी ने साकेत स्थित फैमिली कोर्ट में क्रूरता के आधार पर शादी खत्म करने की अर्ज़ी दायर की थी। इसे भी पढ़ें: Uttam Kumar की जन्मशती पर केंद्र सरकार जारी करेगी 100 रुपये का Commemorative Coin हालाँकि, फैमिली कोर्ट ने यह कहते हुए कि उसके पास अधिकार क्षेत्र नहीं है, सिविल प्रक्रिया संहिता (Code of Civil Procedure) के ऑर्डर VII नियम 10 के तहत अर्ज़ी को सही कोर्ट में पेश करने के लिए वापस कर दिया। मामले के अनुसार, दोनों पक्षों की शादी जनवरी 2019 में गुरुग्राम में हुई थी। शादी के बाद, वे गुरुग्राम जाने से पहले दिल्ली के संगम विहार में लगभग डेढ़ से दो साल तक साथ रहे, जहाँ वे चार साल से ज़्यादा समय तक साथ रहे। पत्नी का तर्क था कि संगम विहार में उनका रहना दिल्ली की अदालतों को अधिकार क्षेत्र देने के लिए काफ़ी था, क्योंकि वहाँ उनके रहने को अस्थायी या कुछ समय के लिए नहीं कहा जा सकता था। इस तर्क को खारिज करते हुए, हाई कोर्ट ने कहा कि धारा 19(iii) में कानूनी भाषा खास तौर पर उस जगह का ज़िक्र करती है जहाँ शादी करने वाले पक्ष आखिरी बार साथ रहे थे।
21KM का माइलेज, 8.25 लाख कीमत... Mahindra लाया मिनी ट्रक
Mahindra Veero XXL CNG और अपडेटेड डीजल वेरिएंट को कंपनी ने लॉन्च किया है. इस मिनी ट्रक का फोकस शहरों में काम करने वाले लोगों पर है. महिंद्रा ने अपने इस ट्रक में कई खास फीचर्स दिए हैं. डीजल वेरिएंट में कंपनी ने टचस्क्रीन इंफोटेनमेंट सिस्टम दिया है. इसके अलावा रिक्लाइनिंग सीट मिलती है. आइए जानते हैं महिंद्रा वीरो की खास बातें.
रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने मंगलवार को कहा कि देश में बनी बुलेट ट्रेन का पहला बॉडी फ़्रेम तैयार हो गया है और इसे 'स्क्वीज़ टेस्ट' के लिए भेजा गया है। वैष्णव के मुताबिक, बुलेट ट्रेन अगले साल मई या जून तक टेस्टिंग के लिए पटरी पर आ जाएगी। बुलेट ट्रेन सर्विस शुरू होने के बाद, लोग वडोदरा से मुंबई सिर्फ़ डेढ़ घंटे में पहुँच सकेंगे। 'नमो फ़ॉर विकसित भारत' कार्यक्रम में बोलते हुए वैष्णव ने कहा कि 2 से 4 महीने की टेस्टिंग के बाद प्रधानमंत्री बुलेट ट्रेन का उद्घाटन करेंगे। इसे भी पढ़ें: UP में BJP का 2027 गेम प्लान: Yogi की 115 सीटों पर सेंधमारी, निशाने पर SP-Congress का गढ़ मंत्री ने कहा कि भारत में बन रही बुलेट ट्रेन - जो प्रधानमंत्री के 'आत्मनिर्भर भारत' के विज़न से प्रेरित है - का पहला बॉडी फ़्रेम परसों ही पूरा हुआ और इसे 'स्क्वीज़ टेस्ट' के लिए भेजा गया। अगले साल मई या जून तक, भारत की अपनी बुलेट ट्रेन टेस्टिंग के लिए पटरी पर होगी। 2-4 महीने की टेस्टिंग के बाद, प्रधानमंत्री ख़ुद बुलेट ट्रेन का उद्घाटन करेंगे। जब आप वडोदरा से बुलेट ट्रेन में सफ़र करेंगे, तो आप सिर्फ़ डेढ़ घंटे में मुंबई पहुँच जाएँगे। इससे पहले, वैष्णव ने कहा था कि सूरत और बिलिमोरा के बीच बुलेट ट्रेन के पहले हिस्से को अगले साल शुरू करने का लक्ष्य है, जबकि बाकी हिस्से पर काम उम्मीद से ज़्यादा तेज़ी से आगे बढ़ रहा है। मुंबई-अहमदाबाद हाई-स्पीड रेल (MAHSR) कॉरिडोर भारत के सबसे बड़े इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स में से एक है और यह देश में हाई-स्पीड रेल यात्रा के एक नए दौर की शुरुआत करेगा। इस बीच, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने वेस्टर्न डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर (WDFC) के तीन अहम हिस्सों को देश को समर्पित किया। यह भारत के डेडिकेटेड फ्रेट इंफ्रास्ट्रक्चर के एक बड़े चरण के पूरा होने का प्रतीक है। ये तीन हिस्से - साणंद (उत्तर)-मकरपुरा, न्यू उमरगाँव-न्यू सफाले और न्यू सफाले-जवाहरलाल नेहरू पोर्ट टर्मिनल (JNPT) - कुल मिलाकर 326 रूट किलोमीटर में फैले हैं और इन्हें 20,700 करोड़ रुपये से ज़्यादा की लागत से तैयार किया गया है। इसे भी पढ़ें: West Bengal में Maha Ashtami शराबबंदी; BJP नेता बोलीं- त्यौहार का सही सम्मान अब होगा प्रधानमंत्री ने डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर के विचार और ज़मीन पर हुई असल प्रगति के बीच के लंबे अंतराल का ज़िक्र किया। उन्होंने कहा कि यह विचार सबसे पहले 2004 में सामने आया था, जबकि इस प्रोजेक्ट को पूरा करने के लिए 2006 में एक खास कंपनी बनाई गई थी। देशभर की राजनीति, ताज़ा घटनाओं और बड़ी खबरों से जुड़े रहने के लिए पढ़ें National News in Hindi केवल प्रभासाक्षी पर।
72nd National Film Awards समारोह Gujarat के Kevadia में होगा आयोजित
नयी दिल्ली, आठ सितंबर सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय ने मंगलवार को कहा कि 72वें राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार समारोह को गुजरात के केवडिया में आयोजित करने का फैसला एक नीतिगत पहल है, जिसके तहत समारोह राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली से बाहर ले जाकर विभिन्न हिस्सों में आयोजित किया जाएगा। बाईस सितंबर को आयोजित होने वाले पुरस्कार समारोह में राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू पुरस्कार प्रदान करेंगी। इसमें वर्ष 2024 के लिए भारतीय सिनेमा की उत्कृष्ट उपलब्धियों का जश्न मनाने के लिए देशभर के फिल्मकार, अभिनेता, तकनीशियन और अन्य कलाकार एकत्र होंगे। मंत्रालय ने एक प्रेस विज्ञप्ति में कहा कि 1954 में शुरू किया गया राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार सिनेमा के क्षेत्र में उत्कृष्टता के लिए देश का सबसे प्रतिष्ठित सम्मान है। सात दशकों से अधिक समय में इन पुरस्कारों ने फीचर फिल्मों, गैर-फीचर फिल्मों और सिनेमा पर लेखन के क्षेत्र में उत्कृष्ट रचनात्मक एवं तकनीकी उपलब्धियों को सम्मानित किया है तथा भारतीय फिल्म निर्माण की समृद्ध भाषाई, सांस्कृतिक और क्षेत्रीय विविधता को प्रतिबिंबित किया है। मंत्रालय ने कहा, ‘‘एक बड़ी नीतिगत पहल के तहत सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय ने राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कारों को राष्ट्रीय राजधानी से बाहर देश के विभिन्न हिस्सों में आयोजित करने का फैसला किया है। इस वर्ष एकतानगर में होने वाला समारोह देशभर की सिनेमाई प्रतिभाओं को एक साथ लाएगा और ‘एक भारत, श्रेष्ठ भारत’ की भावना को मूर्त रूप देगा।’’‘आर्टिकल 370’ को सर्वश्रेष्ठ फीचर फिल्म जबकि इसकी मुख्य अभिनेत्री यामी गौतम को सर्वश्रेष्ठ अभिनेत्री के पुरस्कार के लिए चुना गया है। मलयालम सुपरस्टार ममूटी और बॉलीवुड अभिनेता कार्तिक आर्यन को क्रमश: ‘ब्रह्मयुगम’ और ‘चंदू चैंपियन’ में उनकी भूमिकाओं के लिए सर्वश्रेष्ठ अभिनेता का पुरस्कार संयुक्त रूप से दिया जाएगा। अभिनेता एवं फिल्मकार रणदीप हुड्डा को विनायक दामोदर सावरकर पर बनी फिल्म ‘स्वातंत्र्य वीर सावरकर’ के लिए सर्वश्रेष्ठ नवोदित निर्देशक के पुरस्कार के लिए चुना गया है। तेलुगु फिल्म ‘कल्कि 2898 एडी’ को ‘‘संपूर्ण मनोरंजन वाली’’ सर्वश्रेष्ठ लोकप्रिय फिल्म का पुरस्कार मिलेगा। वहीं, अरुण माथेश्वरन द्वारा निर्देशित और धनुष अभिनीत तमिल फिल्म ‘कैप्टन मिलर’ को ‘‘राष्ट्रीय, सामाजिक और पर्यावरणीय मूल्यों’’ को बढ़ावा देने वाली सर्वश्रेष्ठ फीचर फिल्म चुना गया है। इन पुरस्कारों में मराठी, संथाली, तमिल, मलयालम, तेलुगु, कन्नड़, तुलु और गढ़वाली समेत विभिन्न भाषाओं और विधाओं की फिल्मों में उत्कृष्टता को भी सम्मानित किया जाता है। ‘कल्कि 2898 एडी’, ‘अमरन’, ‘पुष्पा: द रूल पार्ट-02’, ‘भूल भुलैया 3’ और ‘स्त्री 2’ समेत कई फिल्मों को विभिन्न श्रेणियों में पुरस्कृत किया जाएगा। पहली बार किसी संथाली फिल्म को गैर-फीचर फिल्म श्रेणी में सम्मान मिलेगा। वर्ष 1954 में पहला राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार समारोह दिल्ली के विज्ञान भवन में आयोजित किया गया था, जहां इसके बाद भी अधिकांश पुरस्कार समारोह हुए हैं। जुलाई में घोषित 72वें राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कारों का आयोजन इस बार परंपरा से अलग होगा, हालांकि अतीत में समारोह दिल्ली से बाहर भी आयोजित किए गए हैं। 17वें राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार समारोह का आयोजन 1971 में चेन्नई में किया गया था। केवडिया का नाम बदलकर एकतानगर कर दिया गया है जहां सरदार वल्लभभाई पटेल की प्रतिमा स्थापित की गई है जो दुनिया की सबसे ऊंची प्रतिमा है। ‘स्टैच्यू ऑफ यूनिटी’ के नाम से मशहूर यह प्रतिमा 597 फुट ऊंची है और इसका अनावरण प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने 2018 में किया था।
ऑस्ट्रेलिया का बड़ा वार, सोशल मीडिया के एल्गोरिदम होंगे बंद?
ऑस्ट्रेलिया सरकार सोशल मीडिया के उस सिस्टम पर लगाम लगाने की तैयारी कर रही है, जो आपकी पसंद के हिसाब से फीड तय करता है. नए नियम लागू हुए तो Instagram, Facebook और TikTok जैसे प्लेटफॉर्म पर कंटेंट दिखाने का तरीका बदल सकता है.
जर्मनी में दक्षिणपंथी राजनीति का भूचाल: AfD की जीत से यूरोप का संदेश ?
जर्मनी की राजनीति में एक ऐसा बदलाव दिखाई दे रहा है, जिसकी कुछ साल पहले कल्पना करना भी मुश्किल था। दूसरे विश्व युद्ध के बाद जर्मनी की मुख्यधारा की राजनीति में एक स्पष्ट राजनीतिक सहमति रही—अति-दक्षिणपंथी ताकतों को सत्ता और मुख्यधारा से दूर रखा जाएगा। लेकिन अब यह व्यवस्था खुद दबाव में है। पूर्वी जर्मनी […] यह लेख जर्मनी में दक्षिणपंथी राजनीति का भूचाल: AfD की जीत से यूरोप का संदेश ? सर्वप्रथम tfipost.in पर प्रकाशित हुआ है
'अभी जो नाराज फूफा जी हैं, वो चिल्लाएंगे...', 35 हजार करोड़ के प्रोजेक्ट का उद्घाटन कर बोले PM मोदी
वडोदरा में एक कार्यक्रम में पीएम मोदी ने 35,000 करोड़ रुपये के प्रोजेक्ट्स का उद्घाटन और लॉन्च किया. उन्होंने आलोचकों पर तंज कसते हुए उन्हें 'नाराज़ फूफा जी' कहा. पीएम मोदी ने कहा कि 2014 के बाद भारत ने 50,000 आधुनिक रेलवे कोच बनाए जबकि पिछली सरकार 10 साल में 50,000 शौचालय भी नहीं बना पाई थी.
वडोदरा — 9 सितंबर, 2026 — प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के गुजरात दौरे के दौरान मंगलवार को वडोदरा में होने वाले 'नमो फॉर विकसित भारत' कार्यक्रम की टिकटिंग के लिए पहली बार निजी प्लेटफॉर्म BookMyShow का इस्तेमाल किया गया। फ्री रजिस्ट्रेशन खुलने के महज एक घंटे के भीतर सभी सीटें भर गईं और 42,000 से ज्यादा लोग वेटिंग लिस्ट में चले गए। वडोदरा नगर निगम ने भीड़ प्रबंधन और एंट्री को डिजिटल बनाने के लिए यह कदम उठाया है।
AAP National Council Meeting: अरविंद केजरीवाल की नई टीम का आगाज, PAC में बड़े बदलाव की तैयारी
आम आदमी पार्टी (AAP) ने अपने मुख्य संगठन को फिर से व्यवस्थित करने पर काम शुरू कर दिया है। इसके लिए 9 सितंबर को आम आदमी पार्टी की नेशनल काउंसिल की बैठक बुलाई गई है। पंजाब चुनावों से ठीक पहले बुलाई गई यह बैठक इसलिए भी बहुत अहम है क्योंकि इसी प्रक्रिया के ज़रिए नेशनल एग्जीक्यूटिव का चुनाव होता है। इसके बाद पार्टी नेशनल एग्जीक्यूटिव के सदस्यों में से अपनी पॉलिटिकल अफेयर्स कमेटी (PAC) चुनती है। गौरतलब है कि पॉलिटिकल अफेयर्स कमेटी AAP की सबसे बड़ी फ़ैसला लेने वाली संस्था है। PAC संगठनात्मक गतिविधियों और अहम फ़ैसलों से लेकर चुनाव वाले राज्यों में चुनावी रणनीति और उम्मीदवारों के चयन तक के मामलों पर फ़ैसले लेती है। इसे भी पढ़ें: मोदी का नाम लेकर इस शख्स का बड़ा खुलासा, हिले कई देश! पार्टी से जुड़े सूत्रों ने बताया कि पूरे देश में AAP के लगभग 500 नेशनल काउंसिल सदस्य हैं। जिन जगहों पर पार्टी का संगठन मौजूद है, वहां हर ज़िले से एक पार्टी कार्यकर्ता नेशनल काउंसिल का सदस्य होता है। पार्टी के चुने हुए सांसद और विधायक भी इसके सदस्य होते हैं। नए सदस्यों का चुनाव पहले ही हो चुका है और अब डिजिटल माध्यम से 9 सितंबर को बैठक तय की गई है। पार्टी सूत्रों ने कहा, पार्टी संयोजक अरविंद केजरीवाल नेशनल काउंसिल की बैठक को संबोधित करेंगे और काउंसिल सदस्यों को पार्टी की आने वाली गतिविधियों और रणनीति के बारे में मार्गदर्शन देंगे। इस काउंसिल बैठक में नेशनल एग्जीक्यूटिव के सदस्यों का फैसला किया जाएगा और इसकी अगली बैठक के लिए तारीख तय की जाएगी। AAP की नेशनल एग्जीक्यूटिव में 30 मुख्य सदस्य और पांच को-ऑप्टेड सदस्य शामिल होते हैं। इसे भी पढ़ें: Volkswagen का 89 साल का सबसे बड़ा Restructuring Plan, 1 लाख Job Cut से बाजार में हलचल राघव चड्ढा, संदीप पाठक और राजेंद्र पाल गौतम भी नेशनल एग्जीक्यूटिव के सदस्य थे। हालांकि, अब इनमें से कोई भी पार्टी के साथ नहीं है। राघव चड्ढा और संदीप पाठक बीजेपी में शामिल हो गए हैं, जबकि राजेंद्र पाल गौतम कांग्रेस में शामिल हो गए हैं। उनकी जगह नेशनल काउंसिल में नए सदस्य शामिल किए जाएंगे। यह भी ध्यान देने वाली बात है कि राघव चड्ढा और संदीप पाठक पार्टी छोड़ने तक AAP की PAC के सदस्य बने रहे। अब उनकी जगह नए चेहरों को पद दिए जाने की उम्मीद है।
बीते दिन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी श्री राम कॉलेज ऑफ कॉमर्स के शताब्दी समारोह में पहुंचे थे, इस दौरान उन्होंने कहा कि वह जब भी कोई नया काम शुरू करते हैं, कुछ लोग फूफा बनकर सवाल करने लगते हैं.उनके इसी बयान के बाद सियासत शुरू हो गई.
लाल छोड़ नीले में क्यों रंगे अखिलेश? UP चुनाव का दांव!
यूपी विधानसभा चुनाव 2027 से पहले समाजवादी पार्टी ने छात्र सभा का ड्रेस कोड बदलकर नीली टी-शर्ट और नीली जींस को नया प्रतीक बनाया है अखिलेश यादव के नीले गमछे से लेकर सपा की नई रणनीति तक, क्या ये बसपा के दलित वोट बैंक और Gen-Z युवाओं को साधने का चुनावी दांव है? इस वीडियो में समझिए लाल से नीले तक की पूरी सियासी कहानी.
501 दिन की FD पर 8.50% ब्याज, 5 लाख लगाने पर कितना बनेगा पैसा?
Unity Small Finance Bank अपने यहां ग्राहकों के लिए कई स्पेशल एफडी स्कीम चला रहा है. इनमें सामान्य ग्राहकों को 8 फीसदी का धांसू ब्याज मिल रहा है, जबकि वरिष्ठ नागरिकों को इससे भी ज्यादा फायदा दिया जा रहा है.
'जिम्मेदारी कौन लेगा...' सत्य निकेतन हादसे के बाद डीयू VC के कार्यक्रम में हंगामा
सत्य निकेतन हादसे के बाद DU VC के कार्यक्रम में NSUI ने विरोध प्रदर्शन किया. संगठन ने कुलपति पर छात्रों की सुरक्षा और प्रभावित परिवारों के प्रति संवेदनहीनता का आरोप लगाते हुए उनके तत्काल इस्तीफे की मांग की.
मानव अधिकार आयोग ने स्पष्ट किया है कि अधिकारियों की ओर से पेश की जाने वाली योजना केवल नए हॉस्टल बनाने तक सीमित नहीं होनी चाहिए।आयोग ने निर्देश दिया है कि मौजूदा हॉस्टलों के रेनोवेशन, विस्तार और अपग्रेडेशन की संभावनाओं को तलाशा जाए।
गैंगस्टर से बाबा की शरण में पहुंचा 'हनुमान अंश' एक्टर, लगे 15 साल
चंदन आनंद ने ‘हनुमान अंश’ को सात्विक भोजन जैसा बताया. उन्होंने नीम करोली बाबा से जुड़ा अनुभव और हनुमान जी को निभाने का अपना सपना भी बताया.
30 सेकेंड में जानें आप फिट हैं या नहीं, घर पर करें ये कुर्सी वाला टेस्ट
एक ऐसा टेस्ट है जिससे आप अपने घर पर ही अपनी फिटनेस और ताकत का पता लगा सकते हैं. टेस्ट में कम स्कोर दिल और फेफड़ों की समस्याओं का संकेत भी हो सकता है. नियमित एक्टिव रहने और एक्सरसाइज से इस स्कोर को बेहतर बनाया जा सकता है,
प्रेगनेंसी में शुरू किया बिजनेस, पहले ही साल हुआ 3 करोड़ का कारोबार
26 साल की उम्र में जहां युवा अपने ऐसे पड़ाव पर खड़े होते हैं, जहां उन्हें अपनी पढ़ाई या करियर को बढ़ाने के लिए कड़ी मेहनत करनी होती है. लेकिन शिवांगी शर्मा ने बिजनेस शुरू करने का फैसला किया. उनके इस जुनून ने 300 करोड़ रुपये की कंपनी में बदल दिया.
Meghalaya High Court ने UP के छात्रों पर दर्ज FIR की रद्द, होमस्टे में की थी तोड़फोड़
शिलांग, आठ सितंबर मेघालय उच्च न्यायालय ने यहां एक होमस्टे में तोड़फोड़ करने के आरोपी उत्तर प्रदेश के छह छात्रों के खिलाफ दर्ज प्राथमिकी को अधिकारियों द्वारा यह बताए जाने के बाद रद्द कर दिया है कि विद्यार्थियों की ओर से नुकसान के बदले 2.06 लाख रुपये दे दिए गए हैं। अधिकारियों ने अदालत को यह भी बताया कि उनमें से दो को 25,000-25,000 रुपये अतिरिक्त देने और छह दिनों की समाज सेवा करने का निर्देश भी दिया गया। अधिकारियों ने बताया कि पक्षों के बीच आपसी समझौता हो जाने तथा होमस्टे के प्रबंधक एवं मालिक द्वारा प्राथमिकी रद्द करने पर कोई आपत्ति न जताए जाने के बाद मुख्य न्यायाधीश ने सोमवार को यह आदेश पारित किया। होमस्टे में तोड़फोड़ की शिकायत के बाद 11 जुलाई को लैतमुखराह थाने में प्राथमिकी दर्ज की गई थी। विद्यार्थियों पर यह भी आरोप था कि एक कमरे में निर्धारित संख्या से अधिक मेहमानों को ठहराने की अनुमति न दिए जाने पर उन्होंने शिकायतकर्ता को धमकी दी थी। अधिकारियों ने बताया कि आरोपियों ने प्राथमिकी रद्द करने का अनुरोध करते हुए अदालत में याचिका दायर की थी। आरोपियों में से तीन नाबालिग हैं और जबकि एक हाल ही में 18 साल का हुआ है। बाकी दो 20 वर्ष से अधिक उम्र के हैं और प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे हैं। घटना के बाद, सभी छह आरोपियों को 13 जुलाई को पश्चिम बंगाल से पकड़ा गया था और बाद में उन्हें जमानत पर रिहा कर दिया गया। अदालत ने इस बात पर गौर किया कि छात्रों के वरिष्ठों और शुभचिंतकों के हस्तक्षेप के बाद, दोनों पक्षों ने 17 अगस्त को आपसी समझौता कर लिया जिसके तहत छात्रों ने होमस्टे मालिक को नुकसान के बदले 2.06 लाख रुपये का भुगतान किया। इसके साथ, उन्होंने अपने व्यवहार और कृत्यों के लिए माफी भी मांगी। मुख्य न्यायाधीश ने कहा कि छात्रों के भविष्य व कल्याण तथा पक्षों के बीच हुए समझौते को ध्यान में रखते हुए प्राथमिकी रद्द करने में कोई बाधा नहीं है। हालांकि, अदालत ने दो याचिकाकर्ताओं को एक सप्ताह के भीतर होमस्टे मालिक को 25,000-25,000 रुपये का अतिरिक्त भुगतान करने का निर्देश दिया। इन दोनों छात्रों को छह दिन की समाज सेवा करने के लिए भी कहा गया। एक अधिकारी ने कहा, ‘‘वे (छात्र) आठ सितंबर से तीन दिन शिलांग के लाचुमिएरे स्थित सिख सेंटर श्री गुरु सिंह सभा में सुबह 10 बजे से शाम पांच बजे तक डॉ. कमलजीत सिंह की देखरेख में सेवा करेंगे। वे जीवा केयर्स के ‘प्रोजेक्ट ऑपरेशन क्लीन-अप’ के साथ समाज सेवा करेंगे, जो शहर भर में फूलों और कूड़ेदानों के रखरखाव के अलावा उमखराह नदी से संबंधित कार्यों सहित स्वच्छता गतिविधियों का संचालन करता है।
UP में BJP का 2027 गेम प्लान: Yogi की 115 सीटों पर सेंधमारी, निशाने पर SP-Congress का गढ़
अगले साल उत्तर प्रदेश में विधानसभा के चुनाव होने हैं। सियासी दृष्टिकोण से उत्तर प्रदेश देश का सबसे प्रमुख राज्य है और यह माना जाता है कि यहां जिसकी भी सरकार रहती है, उसका दिल्ली की राजनीति में भी दबदबा देखने को मिलता है। वर्तमान परिस्थितियों में देखें तो भाजपा और समाजवादी पार्टी के बीच ही मुख्य मुकाबला होता हुआ दिखाई दे रहा है। हालांकि बहुजन समाज पार्टी और आजाद समाज पार्टी (कांशीराम) को भी कम नहीं समझा जा सकता है। एक ओर मायावती के नेतृत्व वाली बसपा अपनी खोए हुए जनाधार को वापस लेने में जुटी है। तो वहीं आजाद समाज पार्टी (कांशीराम) चंद्रशेखर के नेतृत्व में दलित वोटबैंक पर नजर जमाए हुए है। समाजवादी पार्टी के अखिलेश यादव अभी भी अपने PDA समीकरण यानी कि पिछड़ा, दलित और अल्पसंख्यकों को मजबूत करने में जुटे हुए हैं। जबकि भाजपा पूरा चुनाव हिंदुत्व के मुद्दे पर ले जाना चाहती है। इसे भी पढ़ें: Satya Niketan PG हादसे पर AAP का बड़ा आरोप: BJP नेता हैं PG माफिया के असली मालिक 115 सीटों पर फोकस वर्तमान में देखें तो योगी आदित्यनाथ लगातार प्रदेश के अलग-अलग हिस्सों का दौरा कर रहे हैं। अलग-अलग परियोजनाओं का उद्घाटन करने के साथ ही वह विरोधियों पर भी निशाना साधने का मौका नहीं छोड़ रहे हैं। मई से लेकर अब तक अगर हम गौर करें तो उत्तर प्रदेश के 75 में से 44 से ज्यादा जिलों का दौरा योगी आदित्यनाथ ने कर लिया है। इन दौरों के दौरान उन्होंने 115 विधानसभा क्षेत्रों से जुड़े परियोजनाओं का उद्घाटन या आधारशिला किया है। इन 115 सीटों में से 58 फ़ीसदी सीटे ऐसी हैं जहां लोकसभा चुनाव में विपक्षी समाजवादी पार्टी और कांग्रेस गठबंधन आगे रहा था। यही कारण है कि भाजपा ने अभी से ही इन सीटों पर अपनी तैयारी शुरू कर दी है। 2024 लोकसभा चुनाव की बात करें तो इन 115 विधानसभा क्षेत्रों में सपा-कांग्रेस गठबंधन को 67 सीटों पर बढ़त मिली थी। इसमें 54 समाजवादी पार्टी के खाते में गया था जबकि 13 विधानसभा में कांग्रेस के पक्ष में रहा था। भाजपा 47 पर ही आगे रही जबकि उसकी सहयोगी दल राष्ट्रीय लोकदल को एक सीट पर बढ़त थी। 2022 के समीकरण को देखें तो 115 में से भाजपा ने 71 सीटों पर जीत दर्ज की थी जबकि तीन सीट पर अपना दल सोनेलाल और निषाद पार्टी ने दो सीट पर जीत हासिल की थी। समाजवादी पार्टी को सिर्फ 33 सीटें मिली थी जबकि उसके गठबंधन के उस समय सहयोगी रहे आरएलडी और सुभासपा को क्रमशः तीन और दो सीटें मिली थी। कांग्रेस सिर्फ एक सीट जीतने में कामयाब रही थी। इन 115 विधानसभा सीटों में 43 लोकसभा की सीटें आती हैं। 2024 में 21 पर समाजवादी पार्टी ने जीत हासिल की थी जबकि तीन सीटों पर कांग्रेस विजयी रही थी। भाजपा और उसके सहयोगी दलों के खाते में 19 सीटें आई थीं। कांग्रेस ने रायबरेली, सहारनपुर और बाराबंकी में जीत हासिल की थी। समाजवादी घाट के खाते में मैनपुरी, इटावा, आजमगढ़, फिरोजाबाद के अलावा रामपुर, गाज़ीपुर, फतेहपुर, अंबेडकर नगर, श्रावस्ती, कैराना और जालौन जैसी सीटे शामिल हैं। भाजपा ने जिन सीटों पर जीत हासिल की थी उनमें आगरा, गोरखपुर, अमरोहा, बुलंदशहर, गाजियाबाद, कुशीनगर, पीलीभीत, हाथरस, गौतम बुद्ध नगर, देवरिया, अलीगढ़, झांसी और महाराजगंज शामिल है। आरएलडी को बागपत और बिजनौर में जीत मिली थी। योगी का दौरा कहां-कहां हुआ योगी के दौरा की कुछ महत्वपूर्ण सीटों की बात करें तो इसमें रायबरेली शामिल है जहां उन्होंने 24 अगस्त को दौरा किया था इस दौरान उन्होंने 879 करोड रुपए के प्रोजेक्ट का उद्घाटन और शिलान्यास किया था। यह प्रोजेक्ट बछरावां, हरचंदपुर और रायबरेली से जुड़ी हुई है। इन तीनों ही सीटों पर कांग्रेस 2024 लोकसभा चुनाव में आगे रही है। योगी आदित्यनाथ ने 26 जुलाई को मैनपुरी में भी कार्यक्रम किया था। मैनपुरी को समाजवादी पार्टी का गढ़ माना जाता रहा है। अखिलेश यादव खुद वहीं से आते हैं। इसके अलावा भाजपा के लिए 2024 में सबसे बड़ा झटका फैजाबाद अयोध्या में लगा था। यहां भी मुख्यमंत्री ने ताबड़तोड़ दौरे किए हैं और अलग-अलग सौगात दिए हैं। मुख्यमंत्री का फोकस अपने गृह जिला गोरखपुर में भी रहता है। साथ ही साथ वह बनारस पर भी विशेष ध्यान रखते हैं क्योंकि यह प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का संसदीय सीट है। इसे भी पढ़ें: Dhirendra Shastri पर Bengal BJP का पलटवार, कहा- बाहरी नहीं तय करेंगे बंगाली क्या खाएंगे! समीकरणों की परीक्षा 2027 उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव को लेकर कुछ राजनीतिक विशेषज्ञों का मानना है कि मायावती अगर मजबूत होती है तो फिर इससे भाजपा को फायदा हो सकता है। अगर मायावती के वोटो में बिखराव होता है तो भी भाजपा को फायदा हो सकता है। लेकिन अगर मायावती का वोट सपा या कांग्रेस को ट्रांसफर होता है तो यह भाजपा के लिए मुश्किल हो सकता है। इसके अलावा चंद्रशेखर रावण पश्चिमी उत्तर प्रदेश की 45 सीटों पर अपनी जोर लगा रहे हैं। अगर इन 45 सीटों पर कांग्रेस या समाजवादी पार्टी से उनका गठबंधन हो जाता है तब बीजेपी के लिए बेचैनी का सबब बन सकता है। अगर चंद्रशेखर रावण की पार्टी अकेले लड़ती है तो भी बीजेपी के लिए यह फायदे की स्थिति हो सकती है। देशभर की राजनीति, ताज़ा घटनाओं और बड़ी खबरों से जुड़े रहने के लिए पढ़ें National News in Hindi केवल प्रभासाक्षी पर।
मंत्री जी देते रहे CPR लेकिन नहीं बची जान; तेलंगाना में IAS नवीन मित्तल के PS की हार्ट अटैक से मौत
तेलंगाना विधानसभा परिसर में मंगलवार को एक दुखद घटना हुई। ऊर्जा विभाग के विशेष मुख्य सचिव नवीन मित्तल के पर्सनल सेक्रेटरी राजू को अचानक दिल का दौरा पड़ा और वे फर्श पर गिर पड़े। मौके पर मौजूद पशुपालन मंत्री वाकिति श्रीहरि ने तुरंत सीपीआर शुरू किया, इसके बावजूद उन्हें बचाया नहीं जा सका...
अंशुला कपूर ने मोनोकनी में शेयर कीं अपनी तस्वीरें
अंशुला कपूर ने हाल ही में सोशल मीडिया पर स्विमवियर में अपनी छुट्टियों की तस्वीरें साझा कीं। तस्वीरों में वह पानी और पूल के बीच मस्ती और आराम करती नजर आईं। उनकी मुस्कान और खुशमिजाज अंदाज को फैंस ने पसंद किया।
थम नहीं रहा 'पडिक्कल पावर', दलीप ट्रॉफी फाइनल में मचाई तबाही
पिछले कुछ समय से भारतीय युवा बल्लेबाज देवदत्त पडिक्कल अपनी बल्लेबाजी से सभी को खासा प्रभावित कर रहे हैं. श्रीलंका में लगातार दो शतक जड़ने के बाद अब वह दलीप ट्रॉफी में भी जलवा बिखेर रहे हैं.
सत्य निकेतन बिल्डिंग हादसे का मामला पहुंचा सुप्रीम कोर्ट, क्या रहा सर्वोच्च अदालत का रुख?
दिल्ली के सत्य निकेतन में इमारत गिरने से 7 लोगों की मौत का मामला सुप्रीम कोर्ट पहुंच गया है। जस्टिस अहसानुद्दीन अमानुल्लाह और जस्टिस आर. महादेवन की पीठ इस पर 10 सितंबर को सुनवाई करेगी।
Mecca Pact की हवा निकाल रहे हूती, अब सऊदी में घुसकर मारा, एयरपोर्ट-एयरबेस तबाह
पाकिस्तान, तुर्की और सऊदी अरब के बीच हाल ही में हुए 'मक्का जॉइंट डिफेंस एग्रीमेंट' (मक्का संयुक्त रक्षा समझौता) को अपनी पहली बड़ी परीक्षा में नाकामी का सामना करना पड़ा है। यमन के ईरान-समर्थित हूती विद्रोहियों ने अबहा, खमीस मुशैत, जाज़ान और नजरान में नागरिक और आर्थिक ठिकानों को निशाना बनाया गया। सऊदी दुश्मन को यह समझना होगा कि यमनी लोगों के खिलाफ बिना किसी जवाबी कार्रवाई, रोक-टोक या कीमत चुकाए अपराध और नरसंहार करने का दौर अब खत्म हो चुका है। नसीरुद्दीन हूती मीडिया ऑफिस के डिप्टी हेड हैं। वे हूती विद्रोहियों द्वारा चलाई जा रही सबा न्यूज़ एजेंसी को चलाते हैं. उन्होंने सोशल मीडिया पर इन हमलों की तारीफ़ की। इसे भी पढ़ें: पाकिस्तान से यारी पड़ी इतनी भारी, पुराना कर्ज चुकाने के लिए सऊदी ले रहा 8 अरब डॉलर का लोन सऊदी अधिकारियों ने बताया कि मंगलवार तड़के ईरान समर्थित हूतियों के सऊदी अरब पर हमलों में 73 लोग घायल हो गए। यमन में लड़ रहे सऊदी-नेतृत्व वाले गठबंधन के प्रवक्ता मेजर जनरल तुर्की अल-माल्की ने कहा कि विद्रोहियों ने सऊदी शहरों आभा, जाज़ान, नज्रान और खमीस मुशैत में नागरिक और आर्थिक सुविधाओं को निशाना बनाया है। उन्होंने कहा कि सऊदी-नेतृत्व वाला गठबंधन आतंकवादी हूति मिलिशिया को रोकने के लिए पूरे संकल्प के साथ सभी ज़रूरी ऑपरेशनल कदम उठाएगा। हूति हमले तब हुए जब विद्रोहियों ने सऊदी अरब पर यमन के उत्तरी प्रांत जफ़ में एक जेल पर हमला करने का आरोप लगाया। ये हमले यमन में हूतियों और सऊदी-समर्थित सरकारी बलों के बीच हफ़्तों से चल रही लड़ाई के बढ़ने के दौरान हुए, जिसने वहां गृह युद्ध में चार साल से चल रहे संघर्ष-विराम को तोड़ दिया। इसे भी पढ़ें: Houthi विद्रोहियों के हमलों से दहला Saudi Arabia, 73 लोग हुए घायल हूती हमलों ने दक्षिणी सऊदी अरब में तेल सुविधाओं को निशाना बनाया यमन में लड़ रहे सऊदी-नेतृत्व वाले गठबंधन के प्रवक्ता मेजर जनरल तुर्की अल-माल्की ने बताया कि मंगलवार तड़के हुए इन हमलों में सऊदी शहरों - आभा, जाज़ान, नज्रान और खमीस मुशैत - में नागरिक और आर्थिक सुविधाओं को निशाना बनाया गया। अल-माल्की ने कहा कि इन हमलों में 73 लोग घायल हुए, जिनमें महिलाएं और बच्चे भी शामिल हैं। उन्होंने इस बारे में और कोई जानकारी नहीं दी। सऊदी अरब के ऊर्जा मंत्रालय ने एक बयान में कहा कि इन हमलों से देश के दक्षिणी इलाके में कई तेल सुविधाओं और यूटिलिटी सेंटरों में आग लग गई। मंत्रालय ने बताया कि इन तेल सुविधाओं और यूटिलिटी सेंटरों में कामकाज कुछ समय के लिए रोक दिया गया। दक्षिणी इलाके में तेल से जुड़ी कई बड़ी सुविधाएं हैं, जिनमें जाज़ान में मौजूद 4,00,000 बैरल प्रति दिन की क्षमता वाली तेल रिफाइनरी भी शामिल है, जो सऊदी अरब की सबसे बड़ी रिफाइनरियों में से एक है। इससे पहले हूथी विद्रोहियों ने आभा एयरपोर्ट पर भी हमला किया था। मंत्रालय ने बताया कि मंगलवार सुबह दमकलकर्मी आग बुझाने की कोशिश कर रहे थे। अल-माल्की ने इन हमलों को हालात को गंभीर रूप से बिगाड़ने वाला और किंगडम की संप्रभुता का खुला उल्लंघन तथा वहाँ के नागरिकों और निवासियों की सुरक्षा के लिए सीधा खतरा बताया। इसे भी पढ़ें: Yemen के Jawf में जेल पर सऊदी हवाई हमले का आरोप, बच्चे समेत 7 की मौत उन्होंने बदला लेने का संकल्प लेते हुए कहा कि सऊदी के नेतृत्व वाला गठबंधन पूरी दृढ़ता के साथ आतंकवादी हूथी मिलिशिया को रोकने के लिए सभी ज़रूरी ऑपरेशनल कदम उठाएगा। हूती विद्रोहियों ने इन हमलों की ज़िम्मेदारी ली और कहा कि ये हमले यमन में विद्रोहियों पर सऊदी के हालिया हमलों के जवाब में किए गए थे। पहले से रिकॉर्ड किए गए एक वीडियो बयान में, विद्रोहियों के सैन्य प्रवक्ता ब्रिगेडियर जनरल याह्या सरी ने कहा कि उन्होंने दक्षिणी सऊदी अरब में तेल और आर्थिक ठिकानों के साथ-साथ एक एयर बेस पर दर्जनों बैलिस्टिक मिसाइलें और ड्रोन दागे।
Meerut में RSS और BJP पर विवादित बयान देने पर Badar Ali पर FIR दर्ज
मेरठ, आठ सितंबर उत्तर प्रदेश के मेरठ में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस), भाजपा और बजरंग दल को लेकर सार्वजनिक मंच से आपत्तिजनक टिप्पणी करने के आरोप में आजाद समाज पार्टी के नेता बदर अली के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है। रेलवे रोड थाना पुलिस ने वायरल वीडियो के आधार पर मामला दर्ज किया है। मामले में अखिल भारतीय हिंदू सुरक्षा संगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष सचिन सिरोही की ओर से लगातार कार्रवाई की मांग की जा रही थी। सिरोही ने रविवार को चेतावनी दी थी कि यदि मामला दर्ज नहीं किया गया तो संगठन आंदोलन करेगा। इसके अगले ही दिन सोमवार को पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज कर ली। उन्होंने बदर अली के खिलाफ पूर्व में दर्ज मामलों का हवाला देते हुए उनकी गिरफ्तारी किए जाने और राष्ट्रीय सुरक्षा कानून (रासुका) के तहत कार्रवाई की भी मांग की। मामला एक वायरल वीडियो से जुड़ा है, जो 29 अगस्त को हुई एक सार्वजनिक सभा का बताया जा रहा है। संबंधित वीडियो में बदर अली कथित तौर पर यह कहते दिखाई देते हैं कि उनकी पार्टी के पास न सांसद हैं, न विधायक और न ही पैसे वाले लोग हैं, इसके बावजूद वे शहर और लोगों के लिए लठ लेकर खड़े हैं। इसके बाद वह सभा में मौजूद लोगों से कथित तौर पर कहते हैं कि जिस दिन उन्होंने ताकत दे दी और उनके हाथों को वजूद मिल गया, उस दिन भाजपा, बजरंग दल और आरएसएस से जुड़े लोग कई बार सोचेंगे कि अब किसी टोपी वाले को नहीं मारना है। वीडियो सामने आने के बाद विवाद शुरू हो गया। सचिन सिरोही ने इसे भड़काऊ बताते हुए आरोप लगाया कि इस तरह की टिप्पणी से सांप्रदायिक टकराव की स्थिति पैदा हो सकती है। सिरोही ने वीडियो के आधार पर पुलिस अधिकारियों से शिकायत कर मामला दर्ज करने की मांग की थी। उनका कहना है कि शिकायत के बावजूद तत्काल प्राथमिकी दर्ज नहीं की गई, जिसके बाद उन्होंने मेरठ के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक बीबी जीटीएस मूर्ति, पुलिस उपमहानिरीक्षक कलानिधि नैथानी समेत कई अधिकारियों से मुलाकात कर कार्रवाई की मांग की। पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
संभाजीनगर में सड़कों पर उतरे सैकड़ों MPSC अभ्यर्थी, देखें क्या की मांग
महाराष्ट्र के छत्रपति संभाजीनगर में पेपर लीक के खिलाफ छात्र-छात्राओं ने बड़ा प्रदर्शन किया. क्रांति चौक पर सैकड़ों की संख्या में छात्र-छात्राएं इस प्रदर्शन में शामिल हुए. छात्रों का आरोप है कि MPSC यानी महाराष्ट्र लोकसेवा आयोग की ओर से आयोजित परीक्षाओं के पेपर आए दिन लीक हो रहे हैं. देखें वीडियो.
घर-घर में हैं इस कंपनी के कूलर... अब AC और पंखा भी बनाएगी
एयर कूलर के बाजार में मजबूत पहचान बनाने वाली यह कंपनी अब कंज्यूमर ड्यूरेबल्स के दूसरे सेगमेंट में कदम बढ़ा रही है. कंपनी ने रूम एयर कंडीशनर, BLDC सीलिंग फैन और एयर प्यूरीफायर कैटेगरी में एंट्री का ऐलान किया है. अगले साल इन प्रोडक्ट्स का रोलआउट शुरू होने की उम्मीद है.
हिंदू या मुस्लिम...किस धर्म को मानेंगे बच्चे? प्यार में मर्यादा भूली हसीना!
निक्की तंबोली और अरबाज पटेल लंबे समय से लिवइन रिलेशनशिप में रह रहे हैं. लेकिन अलग-अलग धर्म से होने के कारण उन्हें अक्सर ट्रोलिंग का सामना करना पड़ता है.
सावधान! फिर आ रहा नया विलेन, इन राज्यों में खूब बरसेंगे बदरा; आंधी-तूफान और बिजली गिरने का भी अलर्ट
IMD ने कहा है कि हरियाणा, चंडीगढ़, दिल्ली और पंजाब में 8 से 13 सितंबर के बीच कहीं-कहीं या छिटपुट बारिश होने के आसार हैं, जबकि उत्तराखंड में 10 सितंबर से चार दिनों तक कुछ जगहों पर भारी बारिश हो सकती है।
सहारनपुर में YouTuber Huda Zariwala गिरफ्तार, CM और DM पर आपत्तिजनक टिप्पणी का आरोप
सहारनपुर, आठ सितंबर उत्तर प्रदेश के सहारनपुर में कलेक्ट्रेट परिसर से एक मस्जिद हटाने को लेकर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और जिलाधिकारी के खिलाफ आपत्तिजनक टिप्पणी करने के आरोप में यूट्यूबर हुदा जरीवाला को गिरफ्तार किया गया है। अधिकारियों ने मंगलवार को यह जानकारी दी। पुलिस ने कहा कि जरीवाला को सोमवार शाम सर्किट हाउस पहुंचने के बाद गिरफ्तार किया गया, जहां वह मस्जिद हटाने के खिलाफ प्रदर्शन के सिलसिले में गई थीं। अपर पुलिस अधीक्षक (शहर) व्योम बिंदल ने उनकी गिरफ्तारी की पुष्टि की। यह कार्रवाई वकील दुष्यंत सिंह द्वारा सोमवार सुबह सदर बाजार थाने में दर्ज कराई गई शिकायत के बाद हुई। सिंह ने अपनी शिकायत में आरोप लगाया कि जरीवाला ने कलेक्टरेट परिसर से मस्जिद हटाने की कार्रवाई पर मुख्यमंत्री और प्रशासन के खिलाफ ‘‘आपत्तिजनक, अशोभनीय और भड़काऊ’’ टिप्पणी की। शिकायतकर्ता ने दावा किया कि टिप्पणियों से जनता में रोष है और इससे क्षेत्र में शांति एवं सांप्रदायिक सद्भाव पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ सकता है। पुलिस ने कहा कि मामले में कानूनी कार्रवाई की जा रही है। जरीवाला का जन्म सऊदी अरब के रियाद में हुआ था। वह खुद को पत्रकार, यूट्यूबर और सामाजिक कार्यकर्ता बताती हैं। उन्होंने सऊदी टीवी चैनल 2 के साथ समाचार एंकर के रूप में अपना करियर शुरू किया और बाद में 2015 तथा 2021 के बीच लंदन में बीबीसी और नोएडा स्थित एक चैनल के साथ काम किया। वह आम आदमी पार्टी की प्रवक्ता के रूप में भी जुड़ी रही हैं और 2024 के लोकसभा चुनाव के दौरान हरियाणा, पंजाब तथा दिल्ली में प्रचार किया था। कलेक्ट्रेट परिसर में स्थित एक मस्जिद को 5 सितंबर को भारी पुलिस तैनाती के बीच हटा दिया गया था। वर्ष 2025 में, बजरंग दल के क्षेत्रीय संयोजक विकास त्यागी ने सिटी मजिस्ट्रेट की अदालत में याचिका दायर की थी, जिसमें आरोप लगाया गया था कि कलक्ट्रेट परिसर में स्थित संरचना अवैध है। इसके बाद, सहारनपुर सिटी मजिस्ट्रेट ने संरचना को अवैध घोषित कर दिया और इसे हटाने का आदेश जारी किया। मस्जिद प्रबंधन समिति ने आदेश के खिलाफ जिला अदालत में अपील की, जिसने दो सितंबर को अपील खारिज कर दी।
मोरिंगा की पत्तियों से बनाएं चटपटा अचारी पराठा, स्वाद है लाजवाब
Moringa Paratha Recipe: मोरिंगा की पत्तियों से अगर आप कुछ हेल्दी और टेस्टी बनाना चाहते हैं तो अचारी मोरिंगा पराठा ट्राई कर सकते हैं. यह पराठा सुबह के नाश्ते के लिए बढ़िया ऑप्शन है. इसे आप दही, अचार या अपनी पसंद की किसी सब्जी के साथ परोस सकते हैं.
क्या BRICS देश डॉलर के खिलाफ कर रहे काम? ट्रंप के आरोपों पर रूस का सख्त जवाब
भारत में ब्रिक्स शिखर सम्मेलन के बीच ट्रंप के डॉलर विरोधी मंच वाले आरोप पर रूस ने साफ कहा कि ब्रिक्स किसी के खिलाफ नहीं है. दिमित्री पेस्कोव ने कहा राष्ट्रीय मुद्राओं में बढ़ते भुगतान के पीछे राष्ट्रीय हित और फायदा है, जबकि अमेरिकी प्रतिबंध खुद डॉलर पर भरोसा कमजोर कर रहे हैं.
राहुल-प्रियंका ने 30 नेताओं के राष्ट्रीय सचिव पद के लिए लिया इंटरव्यू
राहुल गांधी कांग्रेस संगठन में बड़े बदलाव की तैयारी कर रहे हैं, जिसमें युवाओं को आगे लाने और जमीनी सक्रियता को प्राथमिकता देने पर जोर है। राष्ट्रीय सचिव पद के लिए वरिष्ठता के बजाय काम के रिकॉर्ड और सक्रियता को कसौटी बनाया जा रहा है।
आगरा — 9 सितंबर, 2026 — आगरा जिले के बाह क्षेत्र के गढ़वार गांव में प्रसव पीड़ा से जूझ रही एक महिला को अस्पताल ले जा रही एंबुलेंस रास्ते में सड़क के गहरे जलभरे गड्ढे में जा फंसी। करीब दो घंटे की जद्दोजहद के बाद ग्रामीणों ने ट्रैक्टर की मदद से वाहन खींचकर बाहर निकाला, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी। डॉक्टरों ने बताया कि गर्भ में पल रही बच्ची पहले ही दम तोड़ चुकी थी। मामले की गंभीरता को देखते हुए सीएमओ ने जांच के आदेश दे दिए हैं।
BRICS से ठीक पहले मोदी-पुतिन की मुलाकात, 11 सितंबर को दिल्ली में होगी अहम बैठक, क्या होगा एजेंडा?
क्रेमलिन प्रवक्ता दमित्री पेसकोव ने बताया कि भारत और रूस के बीच ज्यादातर व्यापारिक भुगतान अब अपनी राष्ट्रीय मुद्राओं (रुपया और रूबल) में ही किया जा रहा है।
18 सितंबर को कर्क में बनेगा नीचभंग राजयोग! 5 राशियों को मिलेगा पैसा
Guru Mangal Yuti 2026: 18 सितंबर को नीच के मंगल और उच्च के गुरु मिलकर रचने जा रहे हैं नीचभंग राजयोग. ज्योतिष में इस महासंयोग को अचानक धन वर्षा और राजा जैसा सुख देने वाला माना गया है. तो चलिए जानते हैं उन लकी राशियों के बारे में.
Satya Niketan हादसे के बाद MCD को बगल वाली जर्जर इमारत गिराने का आदेश
नयी दिल्ली, सात सितंबर दिल्ली विश्वविद्यालय के दक्षिण परिसर के पास स्थित सत्य निकेतन में पांच मंजिला पीजी इमारत के ढहने के बाद उसके बगल वाले जर्जर भवन को भी ध्वस्त करने का यहां के नगर निगम को निर्देश दिया गया है। यह जानकारी दिल्ली के मुख्यमंत्री कार्यालय (सीएमओ) ने सोमवार को दी। सीएमओ ने ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में कहा कि मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता के निर्देश पर दिल्ली नगर निगम (एमसीडी) को सार्वजनिक सुरक्षा के हित में दुर्घटनास्थल से सटी जर्जर इमारत को ध्वस्त करने का निर्देश दिया गया है। इसमें कहा गया है कि इमारत के अंदर छात्रों के सामान को दिल्ली अग्निशमन सेवा के कर्मियों द्वारा व्यवस्थित तरीके से सुरक्षित निकाला जा रहा है। सीएमओ ने पोस्ट में सभी छात्रों और स्थानीय निवासियों से अधिकारियों के साथ सहयोग करने का अनुरोध किया है। सत्य निकेतन इलाके में लड़कों के पेइंग गेस्ट (पीजी) आवास के तौर पर इस्तेमाल की जा रही इमारत रविवार को दोपहर करीब 1:30 बजे मरम्मत कार्य के दौरान ढह गई। मलबे से कुल 12 लोगों को बाहर निकाला गया, जिनमें से सात लोगों की मौत हो गई। पुलिस ने इमारत ढहने के सिलसिले में इमारत की मालकिन 75 वर्षीय उर्मिला गुप्ता, वायु सेवा से सेवानिवृत्त 81 साल के उनके पति हरिराम गुप्ता और उनके बेटे महेश गुप्ता (52) को गिरफ्तार कर लिया है। इमारत ढहने की घटना के बाद नगर निकाय अधिकारियों के खिलाफ भी कार्रवाई की गई, जिसके तहत एमसीडी के दक्षिण जोन के उपायुक्त राकेश कुमार और चार इंजीनियरों - अधीक्षण अभियंता रणबीर सिंह, अधिशासी अभियंता ललित कुमार गोयल, सहायक अभियंता सुनील चौहान और कनिष्ठ अभियंता आशीष कुमार को निलंबित कर दिया गया। दिल्ली नगर निगम (एमसीडी) ने भी दक्षिण जोन में कार्रवाई तेज कर दी है। सात सितंबर के आधिकारिक रिकॉर्ड से पता चला है कि भवन विभाग ने वार्ड 160 में मैदानगढ़ी, सैदुलाजाब और नेब सराय सहित अन्य क्षेत्रों की पांच आवासीय संपत्तियों को ‘कारण बताओ’ नोटिस जारी किए हैं, जबकि सैदुलाजाब में एक अन्य आवासीय संपत्ति को जर्जर होने की वजह से गिराने की कार्रवाई की गई है।
अजमेर वार्ड 76 में भाजपा-कांग्रेस के लिए निर्दलीय मुकेश सिंह राठौड़ बड़ी चुनौती
अजमेर। नगर निगम चुनाव में पंचशील नगर सीमा में आने वाला वार्ड 76 का मुकाबला अब दिलचस्प होता नजर आ रहा है। भाजपा के सतीश बंसल फिलहाल चुनावी समीकरण में मजबूत स्थिति में दिखाई दे रहे हैं, लेकिन निर्दलीय प्रत्याशी मुकेश सिंह राठौड़ ने मुकाबले को त्रिकोणीय बनाने की संभावनाएं बढ़ा दी हैं। कांग्रेस प्रत्याशी […] The post अजमेर वार्ड 76 में भाजपा-कांग्रेस के लिए निर्दलीय मुकेश सिंह राठौड़ बड़ी चुनौती appeared first on Sabguru News .
हेमंत सरकार में खाली हुए दो मंत्री पद, कैबिनेट विस्तार की सुगबुगाहट तेज
झारखंड में दो मंत्रियों रामदास सोरेन और सुदिव्य सोनू के निधन से कैबिनेट में दो पद खाली हो गए हैं. ऐसे में हेमंत सोरेन कैबिनेट के विस्तार को लेकर चर्चा तेज हो गई है. कहा जा रहा है कि हेमंत सोरेन सरकार सुदिव्य सोनू की पत्नी श्वेता शर्मा को मंत्री पद की जिम्मेदारी सौंप सकती बै.
'अग्निपथ' से 'डॉन' तक, बॉलीवुड की इन फिल्मों में दिखा गणेश चतुर्थी का खास अंदाज
गणपति बप्पा के आने का इंतजार हर किसी को रहता है। बप्पा घर आते हैं तो घर का माहौल ही बदल जाता है। सुबह-शाम आरती, प्रसाद और बच्चों से लेकर बड़ों तक के चेहरे पर खुशी दिखाई देती है। गणेश चतुर्थी का रंग फिल्मों में भी कई बार बड़े प्यार से दिखाया गया है।
70 के दशक में कई गाने ऐसे बने, जो आज तक भी पुराने नहीं हुए. इसका श्रेय ना केवल सिंगर्स को बल्कि लिखने वाले गीतकारों को भी जाता है. 55 साल पहले एक गाना आया था, जिसे आज भी कुछ लोगों से मुंह से सुन सकते हैं.
TMC सांसद के अखबार में 60 करोड़ की गड़बड़ी! ED की 24 घंटे चली छापेमारी में क्या मिला
TMC सांसद नदिमुल हक से जुड़े उर्दू अखबार में करीब 60 करोड़ रुपये के लेनदेन में वित्तीय गड़बड़ियां मिली हैं। ED ने 24 घंटे से ज्यादा समय तक तलाशी ली और बैंक रिकॉर्ड व डिजिटल दस्तावेजों की जांच की।
बागेश्वर बाबा के नाम से लोकप्रिय धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने रविवार को हावड़ा जिले के लिलुआ में दुर्गा पूजा के दौरान हिन्दुओं से शाकाहारी भोजन करने की अपील की थी। इस पर बवाल मच गया। पश्चिम बंगाल में भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष सामिक भट्टाचार्य ने ...
लाख रुपये का iPhone क्यों खरीदें? आधे बजट में मिलेंगे ये फीचर्स
महंगे iPhone में शानदार फीचर्स की कमी नहीं है, लेकिन Android के कुछ ऐसे काम के फीचर्स हैं, जो अभी तक iPhone में नहीं मिलते. ऐप क्लोन से लेकर स्प्लिट स्क्रीन और ऐप्स को एक साथ क्लियर करने तक, जानें एंड्रॉइड की ये खूबियां.
जब कोई कानून समाज के कमजोर और वंचित वर्गों की सुरक्षा के लिए बनाया जाता है, तो उसका उद्देश्य न्याय सुनिश्चित करना होता है। लेकिन जब उसी कानून के दुरुपयोग के आरोप सामने आने लगें, निर्दोष लोगों के फंसने की आशंका उठे और अदालतें भी बार-बार सावधानी बरतने की जरूरत महसूस करें, तब बहस केवल कानून के समर्थन या विरोध तक सीमित नहीं रह सकती। सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर स्वतंत्र भारद्वाज से जुड़ा हालिया मामला इसी व्यापक बहस को एक बार फिर केंद्र में ले आया है। 7 सितंबर को दिल्ली की पटियाला हाउस कोर्ट ने स्वतंत्र भारद्वाज को 14 दिनों की न्यायिक हिरासत में भेज दिया। उन पर जून में जंतर-मंतर पर हुए प्रदर्शन के दौरान सीजेपी से जुड़ी एक कार्यकर्ता के पिता और आंबेडकरवादी कार्यकर्ता संजय आजाद के साथ कथित मारपीट के मामले में कार्रवाई हुई। दिल्ली पुलिस ने बाद में एफआईआर में एससी/एसटी (अत्याचार निवारण) अधिनियम और आपराधिक धमकी की धाराएं भी जोड़ दीं। इस मामले में सूरज कुमार नामक एक अन्य आरोपी को भी गिरफ्तार किया गया है। इसे भी पढ़ें: Delhi Court ने इन्फ्लुएंसर Swatantra Bhardwaj को 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेजा हालांकि, इस प्रकरण का दूसरा पक्ष भी महत्वपूर्ण है। स्वतंत्र भारद्वाज का कहना है कि उन्होंने किसी पर जानबूझकर हमला नहीं किया, बल्कि लगभग 25-30 लोगों की भीड़ ने उन पर हमला किया था और उन्होंने आत्मरक्षा में प्रतिक्रिया दी। उनका दावा है कि हाथ में पहने कड़े से संजय आजाद के सिर पर अनजाने में चोट लग गई होगी। प्रदर्शन का एक वीडियो भी सामने आया था, जिसमें भीड़ के बीच पुलिसकर्मी भारद्वाज को वहां से निकालने की कोशिश करते दिखाई देते हैं। दिलचस्प बात यह है कि संजय आजाद के एक वीडियो में भी चोट को अनजाने में लगी चोट बताया गया था। दिल्ली पुलिस ने भी पहले कहा था कि सिर की चोट साधारण प्रकृति की थी। ऐसे में मामला अदालत और जांच एजेंसियों के सामने है और अंतिम निष्कर्ष न्यायिक प्रक्रिया से ही निकलेगा। लेकिन इस प्रकरण ने एक बड़ा सवाल जरूर खड़ा किया है कि क्या हर विवाद, झगड़े या मारपीट को स्वतः जातिगत अत्याचार का मामला मान लेना उचित है? यहीं से एससी/एसटी एक्ट के कथित दुरुपयोग पर बहस शुरू होती है। देखा जाये तो 1989 का एससी/एसटी (अत्याचार निवारण) अधिनियम जाति आधारित हिंसा, भेदभाव और उत्पीड़न से अनुसूचित जाति और जनजाति समुदायों को विशेष सुरक्षा देने के उद्देश्य से बनाया गया था। यह कानून आवश्यक है, क्योंकि भारत में जातिगत अत्याचार की वास्तविक और गंभीर समस्या से इंकार नहीं किया जा सकता। लेकिन कानून की मजबूती के साथ उसके निष्पक्ष उपयोग की जिम्मेदारी भी उतनी ही बड़ी है। सुप्रीम कोर्ट ने 2018 में डॉ. सुभाष काशीनाथ महाजन बनाम महाराष्ट्र राज्य मामले में इस कानून के संभावित दुरुपयोग और अप्रासंगिक उद्देश्यों के लिए इस्तेमाल किए जाने की आशंका का उल्लेख किया था। अदालत ने तब यह सवाल उठाया था कि क्या किसी निर्दोष व्यक्ति की स्वतंत्रता बिना पर्याप्त विचार के छीनी जा सकती है? बाद में विधायी और न्यायिक प्रक्रियाओं के जरिए कानून की मूल कठोरता बहाल कर दी गई, लेकिन निर्दोष को झूठे मामले में फंसने से बचाने का प्रश्न आज भी प्रासंगिक बना हुआ है। एनसीआरबी के आंकड़ों को लेकर भी बहस जटिल है। उपलब्ध आंकड़ों में एससी/एसटी एक्ट के तहत दर्ज मामलों की संख्या में वृद्धि दिखाई देती है। 2020 में लगभग 45,995 मामले दर्ज हुए, 2022 में यह संख्या 52,866 तक पहुंची और 2023 में 53,372 मामलों का पांच वर्षीय उच्च स्तर दर्ज किया गया। 2024 में मामलों की संख्या घटकर 48,669 बताई गई। लेकिन केवल एफआईआर की संख्या से यह निष्कर्ष निकालना सही नहीं होगा कि हर मामला सिद्ध जातिगत अत्याचार था। एफआईआर दर्ज होने और अदालत में अपराध साबित होने के बीच लंबी जांच और न्यायिक प्रक्रिया होती है। इसीलिए कम दोषसिद्धि, अंतिम रिपोर्ट, बरी होने और मामलों के बंद होने के आंकड़ों को भी गंभीरता से समझना होगा। कम दोषसिद्धि के पीछे कमजोर जांच, गवाहों का मुकरना, समझौता या साक्ष्यों की कमी जैसे कई कारण हो सकते हैं। इसलिए हर बरी होने को स्वतः “फर्जी केस” कहना भी गलत होगा। लेकिन जब अदालतें स्वयं दुर्भावनापूर्ण मुकदमों और कानून के दुरुपयोग की बात करें, तब इस समस्या को नजरअंदाज करना भी उचित नहीं। हाल के वर्षों में कई हाईकोर्टों ने स्पष्ट किया है कि हर पेशेवर विवाद, प्रशासनिक मतभेद या व्यक्तिगत झगड़े को एससी/एसटी एक्ट के दायरे में नहीं लाया जा सकता। फरवरी 2026 में कलकत्ता हाईकोर्ट ने कहा कि कार्यस्थल पर हर अपमान या विवाद तब तक एससी/एसटी एक्ट का अपराध नहीं बन सकता, जब तक स्पष्ट रूप से जाति आधारित सार्वजनिक अपमान या दुर्व्यवहार के तत्व न हों। इसी प्रकार कर्नाटक और बॉम्बे हाईकोर्ट के कुछ मामलों में भी अदालतों ने कथित जातिगत अपराध और सामान्य विवाद के बीच अंतर करने की आवश्यकता पर जोर दिया। एक और संवेदनशील मुद्दा मुआवजे की व्यवस्था है। एससी/एसटी अत्याचार निवारण नियमों के तहत पीड़ितों को आर्थिक सहायता देने का प्रावधान है, जो वास्तविक पीड़ितों के लिए बेहद महत्वपूर्ण सामाजिक सुरक्षा तंत्र है। लेकिन आलोचकों का तर्क है कि एफआईआर और चार्जशीट के चरणों में मिलने वाली राहत के कारण कुछ मामलों में आर्थिक लाभ के लिए झूठे आरोप लगाने की आशंका पैदा हो सकती है। इलाहाबाद हाईकोर्ट और मध्य प्रदेश हाईकोर्ट से जुड़े कुछ मामलों और टिप्पणियों में बार-बार मुआवजे के दावों तथा कथित बिचौलियों की भूमिका की जांच की आवश्यकता पर चिंता व्यक्त की गई है। देखा जाये तो समस्या का समाधान कानून को कमजोर करना नहीं है। वास्तविक जातिगत अत्याचारों के पीड़ितों को मजबूत कानूनी सुरक्षा और त्वरित न्याय मिलना ही चाहिए। लेकिन साथ ही यह भी सुनिश्चित होना चाहिए कि व्यक्तिगत दुश्मनी, संपत्ति विवाद, राजनीतिक प्रतिशोध, कार्यस्थल संघर्ष या आर्थिक लाभ के लिए किसी कठोर कानून का कथित हथियार की तरह इस्तेमाल नहीं हो। स्वतंत्र भारद्वाज का मामला अभी न्यायिक प्रक्रिया में है और किसी भी व्यक्ति के दोष या निर्दोष होने का फैसला अदालत ही करेगी। लेकिन यह प्रकरण एक बड़ी बहस का अवसर जरूर देता है। कानून इतना मजबूत होना चाहिए कि वास्तविक पीड़ित न डरें, लेकिन जांच इतनी निष्पक्ष भी हो कि कोई निर्दोष व्यक्ति केवल आरोप लगने के कारण अपना सम्मान, आजादी और जीवन के वर्ष न गंवा दे। बहरहाल, न्याय का अर्थ केवल दोषी को सजा देना नहीं है। न्याय का अर्थ निर्दोष को बचाना भी है। एससी/एसटी एक्ट जैसे कठोर और आवश्यक कानून की विश्वसनीयता तभी बनी रहेगी, जब वास्तविक अत्याचारों पर कठोर कार्रवाई के साथ-साथ उसके किसी भी कथित दुरुपयोग को भी समान गंभीरता से रोका जाएगा। आखिर कानून का उद्देश्य समाज में न्याय स्थापित करना है न कि न्याय के नाम पर किसी नई अन्यायपूर्ण व्यवस्था को जन्म देना।
स्टाइपेंड बढ़ाने की मांग को लेकर भोपाल में एमबीबीएस इंटर्न डॉक्टरों का आंदोलन दूसरे दिन भी जारी है। कमला पार्क रोड पर सोमवार शाम से धरने पर बैठे इंटर्न डॉक्टरों ने साफ कर दिया है कि अब उनकी मांग केवल स्टाइपेंड बढ़ाने तक सीमित नहीं है। सोमवार को ...
बिहार में बाढ़ के चलते हालात खराब, तेजस्वी ने केंद्र से की ये मांग
बिहार के 13 जिले बाढ़ की चपेट में हैं. गंगा, गंडक, समेत तमाम नदियों का जलस्तर बढ़ने से हालात बिगड़ते जा रहे है. गछिया में गांव, घर और स्कूल जलमग्न हैं तो मुंगेर और बेगूसराय में भी हालात गंभीर बने हुए हैं. निचले इलाकों में पानी भरने से लोगों की मुश्किलें बढ़ गई हैं और बड़ी संख्या में लोग सुरक्षित जगहों की ओर जाने को मजबूर हैं. देखिए ग्राउंड रिपोर्ट.
1981 में महाबली हनुमान नाम से एक फिल्म आई थी. इस फिल्म के भजन काफी पसंद किए गए थे. इस फिल्म को लेकर सबसे हैरान करने वाली बात ये है कि इसमें हनुमान जी का रोल दारा सिंह ने नहीं निभाया था.
बुर्ज अल अरब समंदर में खड़ा है, फिर सरिया को जंग क्यों नहीं लगती?
समुद्र की नमकीन हवा और पानी स्टील के लिए बेहद खतरनाक माने जाते हैं, फिर भी समुद्र किनारे बनी गगनचुंबी इमारतों की सरिया सालों तक सुरक्षित रहती है. इसके पीछे मोटा कंक्रीट कवर, खास मिक्स और जंग-रोधी तकनीकों का पूरा इंजीनियरिंग सिस्टम काम करता है.
PM Narendra Modi ने Vadodara में 35 हजार करोड़ की परियोजनाओं का किया उद्घाटन
(दूसरा पैरा में सुधार के साथ)वडोदरा, आठ सितंबर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने देश में पिछली कांग्रेस नीत सरकार पर ‘‘विकास कार्यों की धीमी गति’’ को लेकर मंगलवार को निशाना साधते हुए कहा कि ‘‘नाराज फूफा’’ अब समर्पित माल ढुलाई गलियारे के ट्रक चालकों पर पड़ने वाले असर को लेकर सवाल उठाएंगे। मोदी ने गुजरात के वडोदरा में आयोजित एक कार्यक्रम में 35,000 करोड़ रुपये की परियोजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास करने के बाद जनसभा को संबोधित करते हुए कहा, ‘‘भारत ने 2014 के बाद 50,000 आधुनिक रेल कोच बनाए। पिछली (कांग्रेस) सरकार 10 साल में 50,000 शौचालय भी नहीं बना सकी।’’मोदी ने समर्पित माल ढुलाई गलियारा (पश्चिम) के तीन प्रमुख खंडों का उद्घाटन किया। यह गलियारा नवी मुंबई के जवाहरलाल नेहरू बंदरगाह को उत्तर प्रदेश के दादरी से जोड़ता है। इन खंडों के उद्घाटन के साथ ही यह परियोजना पूरी हो गई। मोदी ने कहा, ‘‘समर्पित माल ढुलाई गलियारे तेजी से विकसित हो रहे भारत की जीवनरेखा हैं। इस आधुनिक माल ढुलाई नेटवर्क के कारण भारत में बदलाव की रफ्तार तेज हो रही है।’’उन्होंने कहा कि पहले यात्री और मालगाड़ियों को एक ही रेल पटरी पर चलना पड़ता था, जिससे यात्री और माल परिवहन दोनों की रफ्तार धीमी होती थी लेकिन समर्पित माल ढुलाई गलियारे ने इस स्थिति को बदल दिया है। मोदी ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी का नाम लिए बिना कहा, ‘‘अब नाराज फूफा चिल्लाएंगे कि ट्रक वालों का क्या होगा? फूफा को अब कुछ काम मिल गया है।’’उन्होंने कहा, ‘‘मैं 2014 के बाद आपके आशीर्वाद से जब दिल्ली पहुंचा तो वहां पहुंचते ही हमने इस परियोजना के काम में तेजी लानी शुरू कर दी। आज समर्पित माल ढुलाई गलियारे का काम पूरा हो गया है।’’मोदी ने कहा कि आज माल ढुलाई गलियारे देश के व्यापार और कारोबार की रीढ़ बन रहे हैं। उन्होंने कहा कि 2,800 किलोमीटर लंबा समर्पित माल ढुलाई गलियारा इस बात का प्रमाण है कि पिछले 12 वर्ष में देश की कार्यसंस्कृति किस तरह बदली है। मोदी ने कहा, ‘‘इस समर्पित माल ढुलाई गलियारे का विचार 2004 में सामने आया था। इस काम के लिए 2006 में एक विशेष कंपनी बनाई गई लेकिन 2014 तक फाइलें एक जगह से दूसरी जगह घूमती रहीं।’’उन्होंने कहा, ‘‘दुर्भाग्य से इन फाइलों की किस्मत में भी कोई समर्पित गलियारा नहीं था। फाइलें कहीं अटक जाती थीं, कहीं पड़ी रहती थीं और इधर-उधर भटकती रहती थीं।
CID देखकर की 14 वर्षीय लड़की की हत्या, हैरान कर देगी इस ब्लाइंड मर्डर की कहानी
बागपत में 14 साल की किशोरी के अधजले शव के मामले का पुलिस ने खुलासा कर दिया है. पुलिस के मुताबिक अमन सागर ने पत्नी रचना के साथ मिलकर किशोरी की हत्या की और शव को स्कूटी से बागपत लाकर जला दिया. पहचान मिटाने के लिए चेहरे पर तेजाब डाला गया था.
चौकीदार चोर है टिप्पणी केस में राहुल गांधी को बॉम्बे HC से झटका, याचिका खारिज
बॉम्बे हाई कोर्ट ने मंगलवार (8 सितंबर) को कांग्रेस नेता राहुल गांधी के खिलाफ आपराधिक मानहानि का मामला रद्द करने से इनकार कर दिया। यह मामला प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को चोरों के सरदार और कमांडर-इन-थीफ (चोरों का कमांडर) कहने वाली उनकी कथित टिप्पणियों से जुड़ा था। गांधी ने इस मामले में मजिस्ट्रेट कोर्ट के समन को चुनौती दी थी और तर्क दिया था कि बीजेपी कार्यकर्ता द्वारा दायर शिकायत सुनवाई योग्य नहीं है। सिंगल-जज जस्टिस नितिन बोरकर ने गांधी की दलील को खारिज कर दिया और कहा कि एक रजिस्टर्ड राष्ट्रीय राजनीतिक पार्टी होने के नाते, बीजेपी निश्चित रूप से एक पहचान योग्य संस्था है। जज ने कहा कि शिकायतकर्ता का कहना है कि वह दो दशकों से BJP के सक्रिय सदस्य रहे हैं। इसे भी पढ़ें: Rahul Gandhi की मानहानि याचिका खारिज, Bombay High Court का बड़ा आदेश BJP के सदस्य और प्रधानमंत्री को 'कमांडर-इन-चीफ़' बताने वाले बयान को पहली नज़र में देखने पर यह नहीं कहा जा सकता कि विवादित टिप्पणी सिर्फ़ पार्टी के वरिष्ठ नेताओं तक ही सीमित है। आरोप का असल मतलब क्या था और इसका पार्टी के सदस्यों पर क्या असर पड़ेगा, इस पर ट्रायल के दौरान विचार किया जाएगा। इसलिए, इस कोर्ट को विद्वान मजिस्ट्रेट के आदेश में कोई गैर-कानूनी बात नज़र नहीं आती। कोर्ट ने शशि थरूर के मामले में दिए गए उस फ़ैसले का आधार लिया, जिसमें दिल्ली हाई कोर्ट ने कहा था कि कोई भी राजनीतिक पार्टी अपने रजिस्ट्रेशन की वजह से एक पहचानी जा सकने वाली और तय संस्था होती है। जज ने इस साल फरवरी में कांग्रेस नेता की याचिका पर शिकायतकर्ता, गांधी और महाराष्ट्र सरकार की बात सुनने के बाद मामले में आदेश सुरक्षित रख लिया था। गौरतलब है कि यह शिकायत भारतीय जनता पार्टी (BJP) के कार्यकर्ता महेश श्रीश्रीमाल ने मेट्रोपॉलिटन मजिस्ट्रेट के सामने दर्ज कराई थी, जिन्होंने गांधी को समन जारी किया था। शिकायतकर्ता का तर्क था कि ये टिप्पणियां प्रधानमंत्री और साथ ही सत्ताधारी पार्टी और उसके सदस्यों को निशाना बनाकर की गई थीं, जिससे उनकी प्रतिष्ठा को ठेस पहुंची। उनके अनुसार, मोदी को चोरों का सरदार कहने का मतलब असल में सभी BJP सदस्यों को चोर बताना था, जिससे पार्टी कार्यकर्ताओं को मानहानि का केस करने का अधिकार मिल गया। इसे भी पढ़ें: Rahul Gandhi को झटका, Bombay High Court ने मानहानि मामले में समन रद्द करने से किया इनकार समन और कार्यवाही जारी रखने को चुनौती देते हुए, गांधी ने हाई कोर्ट का रुख किया और तर्क दिया कि शिकायत कानूनी रूप से मान्य नहीं थी। उनकी ओर से पेश हुए सीनियर एडवोकेट सुदीप पसबोला ने कहा कि गांधी ने ट्वीट में बीजेपी या किसी राजनीतिक पार्टी का नाम नहीं लिया था और न ही किसी पहचान योग्य या निश्चित वर्ग को निशाना बनाया था। पसबोला ने तर्क दिया कि किसी स्पष्ट रूप से पीड़ित व्यक्ति या समूह के न होने पर, शिकायतकर्ता के पास मुकदमा चलाने का अधिकार (लोकस स्टैंडी) नहीं था। उन्होंने इस बात पर ज़ोर दिया कि केवल यह अर्थ निकालना कि बयान पार्टी कार्यकर्ताओं पर लागू होता है, आपराधिक मानहानि का मामला नहीं बना सकता।
VIDEO: वडोदरा में पीएम मोदी का ग्रैंड वेलकम, धुरंधर के सॉन्ग पर ली एंट्री
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मंगलवार को वडोदरा में जेन-जी से संवाद किया. इस दौरान पीएम मोदी ने 'धुरंधर' के सॉन्ग के साथ शानदार एंट्री ली. जहां हज़ारों की संख्या में उपस्थित युवाओं ने उनका ज़ोरदार स्वागत किया. इस कार्यक्रम के दौरान प्रधानमंत्री ने एक छोर से दूसरे छोर तक रेड कार्पेट पर चलकर लोगों का हाथ हिलाकर अभिवादन किया. देखें वीडियो.
यूपी अल्पसंख्यक आयोग के अध्यक्ष बने मोहसिन रजा, मिलेगा कैबिनेट रैंक
मोहसिन रजा को उत्तर प्रदेश अल्पसंख्यक आयोग का अध्यक्ष बनाया गया है. इससे पहले वह योगी सरकार में अल्पसंख्यक कल्याण, मुस्लिम वक्फ और हज विभाग में राज्य मंत्री रह चुके हैं. अब उन्हें कैबिनेट रैंक का दर्जा भी मिलेगा.
Panchayat को लेकर आई बड़ी अपडेट, सीरीज की नई कहानी से लेकर रिलीज तक डायरेक्टर ने बताया सबकुछ
प्राइम वीडियो की पॉपुलर सीरीज पंचायत के पांचवे सीजन को लेकर डायरेक्टर दीपक मिश्रा ने कुछ इनसाइड डिटेल्स शेयर की हैं. अगर आप भी इस सीरीज के नए सीजन के इंतजार में हैं तो बस कुछ दिन और रुक जाइए.
8th Pay Commission को सिफारिशें सौंपने के लिए दी गई 18 महीने की डेडलाइन जैसे-जैसे नजदीक आ रही है, वैसे-वैसे कर्मचारियों और पेंशनर्स की धड़कनें भी बढ़ रही हैं. वे नहीं चाहते कि मन में कोई आशंका रह जाए. पेंशन वाली आशंका पर पूरी बात समझ लीजिए.
3 राशियों के लिए कल का दिन रहेगा बहुत शानदार, यहां पढ़ें पूरा राशिफल
Kal Ka Rashifal 9 September 2026: कारोबार में प्रतिस्पर्धा पर जोर रहेगा और चहुंओर शुभता का संचार होगा. साहस और पराक्रम के प्रदर्शन में आप आगे रहेंगे.
Satya Niketan PG हादसे पर AAP का बड़ा आरोप: BJP नेता हैं PG माफिया के असली मालिक
दिल्ली में एक इमारत गिरने से सात लोगों की मौत के बाद, आम आदमी पार्टी के दिल्ली अध्यक्ष सौरभ भारद्वाज ने मंगलवार को आरोप लगाया कि दिल्ली के सत्य निकेतन इलाके में चल रहे पेइंग गेस्ट (PG) मकानों के असली मालिक बीजेपी के वरिष्ठ नेता हैं। भारद्वाज ने दिल्ली सरकार की आलोचना करते हुए कहा कि बार-बार अनुरोध करने के बावजूद सरकार ने इलाके में PG चलाने वाले मालिकों की सूची जारी नहीं की है। उन्होंने कहा कि सत्य निकेतन में PG के असली मालिक बीजेपी के वरिष्ठ नेता हैं। हम लगातार रेखा गुप्ता से पूछ रहे हैं कि वह इन PG के मालिकों की जानकारी वाली सूची क्यों जारी नहीं कर रही हैं। एक बार जब वह सूची जारी हो जाएगी, तो पूरा PG माफिया आपके सामने बेनकाब हो जाएगा। इसे भी पढ़ें: Satya Niketan Building Collapse: मलबे में जिंदगी की तलाश के बीच सियासत गर्म, हादसे पर BJP और AAP भिड़े दिल्ली पुलिस ने सत्य निकेतन में गिरी इमारत के मामले में FIR दर्ज की है। FIR में कहा गया है कि पुरानी इमारत की भार सहने की क्षमता (load-bearing capacity) को लेकर चिंताएं होने के बावजूद, उस पर अतिरिक्त मंजिलें बनाई गई थीं और और भी निर्माण कार्य चल रहा था। FIR के अनुसार, यह घटना दोपहर करीब 1 बजे हुई। पुलिस को लगभग 1:34 बजे एक कॉलर से सूचना मिली कि एक इमारत गिर गई है, जिसका इस्तेमाल छात्रों के लिए PG के तौर पर किया जा रहा था और उसमें छात्र मौजूद थे। शिकायतकर्ता असिस्टेंट सब-इंस्पेक्टर प्रफुल टोप्पो ने बताया कि जब पुलिस मौके पर पहुंची तो इमारत पूरी तरह ढह चुकी थी और वहां कई लोग मौजूद थे। स्थानीय पूछताछ से पता चला कि यह इमारत ग्राउंड फ्लोर के अलावा चार मंजिला थी, जिसमें छात्र और अन्य लोग रहते थे; इनमें से कुछ लोग इमारत गिरने से मलबे में फंस गए थे। मौके पर सीनियर पुलिस अधिकारी, ज़िला क्राइम टीम, नेशनल डिज़ास्टर रिस्पॉन्स फ़ोर्स के जवान, फोरेंसिक साइंस लैबोरेटरी के कर्मचारी, फायर ब्रिगेड, रेस्क्यू टीमें और एम्बुलेंस तैनात की गईं। इसे भी पढ़ें: Delhi Jal Board Case: AAP नेता Satyendar Jain को बड़ी राहत, ₹2 लाख के बांड पर मिली Bail पुलिस के दस्तावेज़ के अनुसार, चार लोगों - 19 साल के नीरज (ज्ञानचंद के बेटे), आदित्य कुमार (राजू कुमार के बेटे), कृष्णा (बीके भारद्वाज के बेटे) और चार अन्य जिनकी पहचान नहीं हो पाई है - को मेडिकल जांच के लिए एम्स ट्रॉमा सेंटर ले जाया गया। FIR में यह भी कहा गया है कि इमारत कई साल पुरानी थी और इसके मालिकों, हरि बंसल और उनके भाई ने कथित तौर पर किराए से कमाई के लिए चार ऊपरी मंज़िलें बनवाई थीं। रिपोर्ट में आरोप लगाया गया है कि नया निर्माण चल रहा था, जिससे इमारत के ढांचे पर अतिरिक्त दबाव पड़ रहा था। देशभर की राजनीति, ताज़ा घटनाओं और बड़ी खबरों से जुड़े रहने के लिए पढ़ें National News in Hindi केवल प्रभासाक्षी पर।
मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने दुबई में आयोजित 'एआईएम कांग्रेस-2026' (Annual Investment Meeting) के तीसरे दिन 8 सितंबर को ताज दुबई में शराफ ग्रुप के प्रेसिडेंट-सीईओ श्याम कपूर से अहम मुलाकात की। दोनों के बीच शिपिंग-लॉजिस्टिक्स, सप्लाई ...
Kanpur में दवा कारोबारी की हत्या कराने के आरोप में बहू Shalu Manocha गिरफ्तार
कानपुर (उप्र), आठ सितंबर कानपुर के दवा कारोबारी विनीत मनोचा की हत्या के मामले में पुलिस ने उनकी बहू को गिरफ्तार किया है। एक वरिष्ठ अधिकारी ने मंगलवार को यह जानकारी दी। अधिकारी के अनुसार, मनोचा की बहू शालू पर अपने ससुर की हत्या की साजिश रचने और इसे अंजाम देने के लिए परिवार के पूर्व घरेलू कर्मचारी को छह लाख रुपये की कथित सुपारी देने का आरोप है। कानपुर के कल्याणपुर थाना क्षेत्र स्थित रतन ऑर्बिट अपार्टमेंट के सी-104 फ्लैट में शनिवार रात मनोचा (60) की चाकू से हमलाकर कथित तौर पर हत्या कर दी गई थी। घटना के समय उनका बेटा सुब्रत (35) और बहू शालू एक पार्टी में गए हुए थे। पुलिस आयुक्त रघुबीर लाल ने बताया कि शुरुआती जांच में एक घरेलू कर्मचारी विशाल गौतम (30) और उसके एक अन्य साथी राज किशोर (30) का नाम सामने आया। सीसीटीवी फुटेज में सुब्रत के घर से निकलने के तुरंत बाद दोनों को अपार्टमेंट में प्रवेश करते देखा गया था। उन्होंने बताया कि इस मामले में रविवार को पुलिस मुठभेड़ के बाद विशाल और राज किशोर को गिरफ्तार कर लिया गया। लाल ने दावा किया, ‘‘पूछताछ के दौरान विशाल ने कथित तौर पर शालू का नाम लिया जिसने मनोचा की हत्या के लिए उन्हें सुपारी दी थी।’’मनोचा अपने बेटे के साथ बिरहाना रोड पर ‘फार्मा ट्रेडर्स’ नाम से दवा का कारोबार था। पुलिस आयुक्त ने कहा कि प्रारंभिक जांच में सामने आया कि शालू ने कथित तौर पर अपने ससुर की हत्या के लिए विशाल को छह लाख रुपये दिए थे। लाल ने कहा, “अभी तक की जांच में सामने आया है कि मनोचा ने अपने बेटे और बहू के वित्तीय मामलों और उनकी गतिविधियों पर कड़ा नियंत्रण रखा हुआ था। उन्होंने परिवार पर नजर रखने के लिए घर में सीसीटीवी कैमरे भी लगवा रखे थे।’’उन्होंने कहा, ‘‘जांच में सामने आया कि सुब्रत को पिता के कारोबार में काम करने के लिए 35 हजार रुपये मासिक वेतन मिलता था, जबकि शालू को अपने खर्च के लिए कथित तौर पर केवल 10-12 हजार रुपये दिए जाते थे। दंपति घर में लगातार सीसीटीवी निगरानी से भी परेशान थी।”पुलिस उपायुक्त (पश्चिम) एसएम कासिम आबिदी ने बताया कि शालू ने हत्या से करीब 20 दिन पहले विशाल से संपर्क किया था और उससे मनोचा की हत्या करने या उनकी मौत को दुर्घटना का रूप देने के लिए कहा था। उन्होंने कहा, ‘‘जब विशाल ने ऐसा करने से मना कर दिया तो शालू ने कथित तौर पर उसे सोते समय तकिये से दम घोंटने का सुझाव दिया, ताकि उनकी मौत को दिल का दौरा पड़ने का मामला बताया जा सके।’’पुलिस के अनुसार, शालू ने हत्या के बाद विशाल को नौकरी देने का भी कथित तौर पर वादा किया था। पुलिस के मुताबिक, कुछ दिन पहले शालू ने विशाल को फ्लैट की चाबी दी थी तथा उसकी एक और चाबी बनवाने के लिए 1,200 रुपये दिए थे। लाल ने बताया कि बाद में शालू ने दूसरी चाबी विशाल को दे दी और उसे यह भी बताया कि परिवार कब घर से बाहर रहेगा। पुलिस ने कहा, ‘‘शालू ने अपार्टमेंट के सुरक्षाकर्मी से कथित तौर पर कहा-‘शिवम’ नाम का एक व्यक्ति ‘गजरा’ लेकर आएगा और उसे अंदर जाने दिया जाए।’’अधिकारी ने कहा, ‘‘शनिवार रात शालू के अपने पति और बच्चे के साथ घर से निकलने के बाद विशाल और उसका कथित साथी राज किशोर फ्लैट में दाखिल हुए। दोनों कथित तौर पर शालू के शयनकक्ष में छिपकर विनीत मनोचा के लौटने का इंतजार करने लगे।’’उन्होंने कहा, ‘‘रात 10 बजकर 58 मिनट पर मनोचा घर पहुंचे। कमरों की जांच करने और दरवाजों पर ताला लगाने के दौरान उन्होंने अपने बेटे के शयनकक्ष की लाइट जलाई और वहां दो लोगों को छिपा देखा।’’पुलिस के अनुसार, मनोचा ने विशाल को पहचान लिया और उससे सवाल-जवाब करने लगे जिसके बाद आरोपियों ने कथित तौर पर उन पर हमला कर दिया। पुलिस ने कहा कि विशाल ने मनोचा पर कथित रूप से कई बार चाकू से वार किए और दोनों वहां से भागने से पहले उनका गला रेत दिया। लाल ने बताया कि सीसीटीवी फुटेज और फोन ‘कॉल डिटेल’ से पुलिस को कथित साजिश की कड़ियां जोड़ने में मदद मिली। उन्होंने बताया कि हत्या वाले दिन और रात में शालू और विशाल के बीच 27 बार फोन पर बातचीत हुई थी। उन्होंने बताया कि शालू को सोमवार रात गिरफ्तार कर मजिस्ट्रेट के समक्ष पेश किया गया। इसके बाद उसे 14 दिन की न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया। लाल ने बताया कि शालू के पति सुब्रत की भूमिका भी जांच के दायरे में है और पुलिस यह पता लगाने के लिए साक्ष्य जुटा रही है कि क्या सुब्रत को कथित साजिश की जानकारी थी या वह इसमें शामिल था। पुलिस आयुक्त ने कहा, “अगर उसकी संलिप्तता साबित होती है तो उसे भी गिरफ्तार किया जाएगा।
पंजाब प्रभारी बनने के बाद पहली बार राहुल-प्रियंका से मिले सचिन पायलट, बड़े बदलाव के संकेत
सचिन पायलट ने पंजाब के भावी कार्यक्रमों और संगठन में बदलावों को लेकर राहुल गांधी और प्रियंका गांधी से प्राथमिक ब्रीफिंग ली। हालांकि, कांग्रेस या सचिन पायलट की तरफ से इस बैठक में हुई बातचीत का कोई ब्योरा साझा नहीं किया गया।
बिहार के समस्तीपुर में कार हादसे के बाद शराब की लूट
बिहार के समस्तीपुर में सड़क हादसे के बाद शराब लूटने का मामला सामने आया। दलसिंहसराय में तेज बारिश के दौरान शराब लदी कार गड्ढे में पलट गई और उसमें सवार लोग फरार हो गए। कार में शराब की जानकारी मिलते ही स्थानीय लोगों ने टेट्रा पैक लूट लिए।
बॉम्बे हाईकोर्ट ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को लेकर की गई कथित विवादित टिप्पणियों से जुड़े आपराधिक मानहानि मामले में राहुल गांधी की याचिका खारिज कर दी. अदालत ने कहा कि भाजपा एक पहचान योग्य राजनीतिक इकाई है और शिकायत प्रथम दृष्टया सुनवाई योग्य है.
सत्य निकेतन त्रासदी के पीछे है डीयू का हॉस्टल संकट, हर 31 छात्र में से सिर्फ 1 के लिए कैंपस में जगह
DU में हॉस्टल की कमी ने हजारों स्टूडेंट्स को प्राइवेट PG के भरोसे छोड़ दिया है. भारी किराया, सुरक्षा की चिंता और जवाबदेही का अभाव—सत्य निकेतन हादसे के बाद स्टूडेंट्स पूछ रहे हैं, आखिर सुरक्षित रहने का विकल्प उन्हें कौन देगा?

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