नेपाल में भूस्खलन से भारी तबाही, बिहार में भी बढ़ा बाढ़ का खतरा
नेपाल में मूसलाधार बारिश और भूस्खलन ने एक बार फिर भयानक तबाही मचाई है. पहाड़ों के दरकने और नदियों के उफान पर होने से जनजीवन पूरी तरह अस्त-व्यस्त हो गया है. मलबे के साथ बहकर आ रहा पानी निचले इलाकों में भारी नुकसान पहुंचा रहा है. कई जिलों में रास्ते बंद हो चुके हैं और लोगों का आना-जाना ठप्प हो गया है. अब तक इस आपदा में 25 से अधिक लोगों की मौत हो चुकी है और कई लोग लापता बताए जा रहे हैं. देखें...
'ग्वादर पोर्ट' पूरी तरह से फ्लॉप, चीन और पाकिस्तान के रिश्ते अब गहरे संकट में
खुद को 'आयरन ब्रदर्स' कहने वाले चीन और पाकिस्तान के रिश्ते अब गहरे संकट में घिरते दिख रहे हैं. 'लोवी इंस्टीट्यूट' की एक ताज़ा और धमाकेदार रिपोर्ट के मुताबिक, सीपेक का सबसे बड़ा ड्रीम प्रोजेक्ट यानी 'ग्वादर पोर्ट' पूरी तरह से फ्लॉप साबित हो रहा है.
ब्लू ड्रम हत्याकांड में कल बड़ा फैसला, मुस्कान-साहिल दोषी हुए तो फांसी पर होगी सुनवाई
मेरठ के चर्चित ब्लू ड्रम हत्याकांड में 30 सितंबर को जिला जज की अदालत पहले यह तय करेगी कि मुस्कान और साहिल दोषी हैं या नहीं. दोष सिद्ध होने पर सजा के बिंदु पर सुनवाई होगी. अभियोजन ने परिस्थितिजन्य साक्ष्यों और कथित तैयारियों के आधार पर दोनों के लिए मृत्युदंड की मांग की है. अंतिम बहस 17 सितंबर को पूरी हो चुकी है.
Hanuman Ansh Box Office Collection Day 53: हनुमान अंश बॉक्स ऑफिस में हाफ सेंचुरी मार चुकी है. फिल्म रिलीज हुए 53 दिन पूरे हो चुके हैं लेकिन ऐसा लग रहा है कि ये जल्दी थियेटर से बाहर होने वाली नहीं है.
'उम्मीद टूट चुकी थी', संभल हिंसा के आरोपी पर NSA खारिज होने पर परिवार भावुक
सुप्रीम कोर्ट ने संभल हिंसा मामले में आरोपी मुल्ला अफरोज पर लगे NSA को खारिज करते हुए उत्तर प्रदेश सरकार पर 10 लाख रुपये का जुर्माना लगाया है. मुल्ला अफरोज के परिवार ने इस फैसले का स्वागत किया और इसे निष्पक्ष बताया.
BSE का अलर्ट- ग्लोबल ETF में पैसे लगाने वाले सावधान, अचानक गिर सकती है कीमत!
BSE ने कहा है कि जो निवेशक भारी प्रीमियम पर यूनिट खरीद रहे हैं, उन्हें कीमतों में अचानक गिरावट का जोखिम उठाना पड़ सकता है. खास बात है कि ये गिरावट विदेशी बाजारों में कमजोरी की वजह से नहीं, प्रीमियम खत्म होने की वजह से भी आ सकती है.
विजयवाड़ा में कसाई ने महिला का सिर काट दिया, टुकड़े-टुकड़े कर नहर में फेंका : टैटू ने ऐसे खोला राज
आंध्र प्रदेश के विजयवाड़ा में मटन शॉप संचालक मोहम्मद शफी ने कल्याणी नाम की महिला की गला रेतकर हत्या की और फिर शव के टुकड़े-टुकड़े कर नहर में फेंक दिए. हाथ पर बने टैटू से हुआ रोंगटे खड़े करने वाले इस हत्याकांड का खुलासा हुआ...पढ़िए पूरी रिपोर्ट.
सचिन वाजे को जमानत के लिए 1 लाख रुपये के निजी मुचलके पर्सनल बॉन्ड और एक स्थानीय गारंटर की शर्त रखी गई है.
रणबीर की फिल्म के बीच आई Anime रामायण, ट्रेलर ने उड़ाए होश
रणबीर वाली रामायण के बीच अब एक एनिमेटेड 'रामायण' का ट्रेलर सुर्खियों में है. रामायण पाथ ऑफ धर्मा के नाम से एक ट्रेलर यूट्यूब पर आया है, जिसके विजुअल्स और एनिमेशन लोगों के बीच सुर्खियां बटोर रहे हैं.
भारतीय संस्कृति में कहां से आया शंख? ज्योतिषाचार्य से जानिए शंख की उत्पत्ति से जुड़ी पौराणिक कथा
सदियों से शंख हिंदू धर्म में विशेष महत्व रखता है. इसका उपयोग केवल पूजा-पाठ और धार्मिक अनुष्ठानों में ही नहीं, बल्कि दैनिक जीवन में भी शुभता के प्रतीक के रूप में किया जाता है.
शाम की भूख के लिए बनाएं क्रिस्पी आलू पेटीज, 10-15 मिनट में होगी तैयार
Aloo Patties Recipe: शाम की चाय के साथ अगर आपको कुछ चटपटा और क्रिस्पी खाने का मन है तो घर पर आलू पेटीज ट्राई कर सकते हैं. उबले आलू और कुछ मसालों से तैयार यह स्नैक एयर फ्रायर में कुछ ही मिनटों में आसानी से बनकर तैयार हो जाता है.
मुख्य चुनाव आयुक्त को लेकर सरकार को घेरने में जुटा विपक्ष, कांग्रेस ने की बड़ी तैयारी
मुख्य चुनाव आयुक्त के खिलाफ कांग्रेस और बाकी विपक्षी दलों की मोर्चाबंदी दिन-ब-दिन और तगड़ी होती जा रही है. आज भी CEC के खिलाफ लेफ्ट ने प्रदर्शन किया. दिल्ली में लेफ्ट पार्टियों ने विरोध दर्ज करा कर ज्ञानेश कुमार का इस्तीफा मांगा. वहीं कांग्रेस के आरोपों को लेकर बीजेपी भी पलटवार कर रही है. आरोप लगाए जा रहे हैं कि जब भी चुनाव में कांग्रेस की हार होती है तो आरोप चुनाव आयोग पर लगाए जाते हैं.
कल का मौसम, 30 सितंबर: बुधवार को 13 राज्यों में होगी बारिश, 50-60 की रफ्तार से चलेंगी हवाएं
बिहार में 30 सितंबर को भी कुछ इलाकों में बारिश और गरज-चमक हो सकती है। IMD ने राज्य में 29 सितंबर से 1 अक्टूबर तक अलग-अलग जगह बारिश का अनुमान जताया है। 30 सितंबर को भी बादल और बारिश हो सकती है।
सरकारी स्कीम पर टूट पड़े लोग, 1 करोड़ ने खरीदा साल भर का पास
FASTag ऐनुअल पास लोगों के लिए काफी फायदे का सौदा रहा है. पिछल साल लॉन्च हुए इस पास को अब तक 1 करोड़ से ज्यादा यूजर्स खरीद चुके हैं. इसकी जानकारी खुद मिनिस्ट्री ऑफ रोड ट्रांसपोर्ट एंड हाईवे ने दी है. 3075 रुपये का ये पास एक साल के लिए वैध होता है. इसमें 200 ट्रिप तक टोल से गुजरने पर यूजर को चार्ज नहीं देना होता है.
भाजपा सरकार को लेकर 'कॉकरोच' के बदले तेवर, उधर पाकिस्तान को मिल गई धमकी; टॉप-5
कॉकरोच जनता पार्टी ने पहली बार भाजपा सरकार में बने सरकारी स्कूल की तारीफ की है और मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा से कहा है कि ऐसे और स्कूल बनाएं। दूसरी तरफ पाकिस्तान के अवैध कब्जे वाले कश्मीर में जॉइंट अवामी एक्शन कमेटी ने चेतावनी दी है…
पहली बार भारत आए ऑस्ट्रेलियन टूरिस्ट ने बनाया वीडियो, बोला- ऐसा एक्सपीरियंस पाकर धन्य हो गया
भारत को सिर्फ गरीबी और तंग गलियों के चश्मे से देखने वाले पश्चिमी देशों को एक ऑस्ट्रेलियाई मुसाफिर ने ऐसा करारा जवाब दिया है कि हर कोई दंग है.
8 घंटे की शिफ्ट में बंपर कमाई या मोटा खर्च? डिलीवरी पार्टनर्स ने सच्चाई बता दी
डिलीवरी पार्टनर की ज़िंदगी आसान भी नहीं है और ना ही बहुत ज्यादा बंपर कमाई है. कई यूट्यूब वीडियोज़ में और प्लेटफॉर्म्स पर दी गई जानकारी में रोज़ाना की कमाई और सामने आने वाले खर्च, मुश्किलों पर बात की गई है.
रूस पर अमेरिकी खतरा? अलास्का पहुंचा 96 मिसाइलों वाला युद्धपोत
अमेरिका का नया मिसाइल डिस्ट्रॉयर यूएसएस टेड स्टीवंस अलास्का पहुंच गया है. 96 वर्टिकल लॉन्च सेल और SPY-6 रडार से लैस यह युद्धपोत ऐसे समय आया है, जब आर्कटिक और बेरिंग स्ट्रेट में अमेरिका-रूस की सैन्य गतिविधियां लगातार बढ़ रही हैं.
महाराष्ट्र में बेबी फूड बिक्री पर सख्ती, तुकाराम ने लिया बड़ा फैसला
महाराष्ट्र FDA ने शिशुओं और दो साल तक के बच्चों के लिए इस्तेमाल होने वाले इन्फेंट फॉर्मूला, इन्फेंट मिल्क फूड, फॉलो-अप फॉर्मूला, कॉम्प्लिमेंटरी फूड, स्पेशल मेडिकल पर्पज फूड और फीडिंग बॉटल्स को लेकर कंप्लायंस ऑर्डर जारी किया है. इसके तहत पैकेजिंग, लेबलिंग, विज्ञापन, प्रमोशन और बिक्री से जुड़े नियमों का पालन जरूरी होगा.
पाकिस्तान की काट तलाश रहा भारत, एयरस्पेस को लेकर चीन के साथ बातचीत
भारत शिनजियांग एयरस्पेस को वैकल्पिक हवाई मार्ग बनाने के लिए चीन के साथ लगभग एक साल से बातचीत कर रहा है. पाकिस्तानी एयरस्पेस पर पाबंदियों और पश्चिम एशिया में युद्ध के कारण विमान ईंधन की कीमतों में वृद्धि से परिचालन लागत बढ़ी है. ऐसे में सूत्रों का कहना है कि भारत वैकल्पिक मार्ग तलाश रहा है.
महिला डांसर्स को घूरते और वीडियो बनाते दिखे पुलिसवाले, देखें वीडियो
वाराणसी के लाटभैरव मंदिर में महिला डांसर्स के कार्यक्रम का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ, जिसमें पुलिसकर्मियों के मंच पर चढ़कर डांसर्स को देखने और वीडियो बनाने का दावा किया गया. वाराणसी पुलिस ने इसे AI जनरेटेड वीडियो बताया है. DCP गौरव बंसवाल के मुताबिक पुलिस की छवि धूमिल करने के आरोप में आदमपुर थाने में मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है.
भारत से पेंशन बढ़ाने के लिए गिड़गिड़ा रहा पाक समर्थक हुर्रियत नेता सुमजी, लिख चुका तीन-तीन चिट्ठी
RTI के अनुसार, साल 2015 में गुलाम नबी सुमजी ने जम्मू-कश्मीर विधानसभा सचिव को एक आवेदन भेजा था. इसमें उन्होंने लिखा था कि पूर्व विधायकों की पेंशन में संशोधन किया गया है और अन्य लोगों को बकाया राशि जारी की जा चुकी है. इसलिए उनकी बढ़ी हुई पेंशन और एरियर भी जारी किया जाए.
Namo Bharat Corridor: दिल्ली एनसीआर में जिस तरह दिल्ली के सराय काले खां से नमो भारत रैपिड रेल के कई रूट बन रहे हैं. उसी तरह कोलकाता से आरआरटीएस के चार नए रूट निकालने की तैयारी है. दुर्गापुर, खड़गपुर, हल्दिया, नंदीग्राम, सियालदह, हावड़ा भी इस रूट पर होंगे.
Election Commission को सरकार ने कठपुतली बनाया, CEC Gyanesh Kumar पर भड़के Amit Chavda
अहमदाबाद में गुजरात कांग्रेस के नेताओं और कार्यकर्ताओं ने विरोध प्रदर्शन किया। उन्होंने चुनावी गड़बड़ी और वोटर लिस्ट से नाम हटाने के आरोपों को लेकर मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) ज्ञानेश कुमार के इस्तीफ़े की मांग की। विरोध प्रदर्शन को संबोधित करते हुए गुजरात कांग्रेस के अध्यक्ष अमित चावड़ा ने आरोप लगाया कि देश भर में नागरिकों के वोटिंग अधिकार छीने जा रहे हैं और सरकार पर चुनाव आयोग को कठपुतली बनाने का आरोप लगाया। चावड़ा ने कहा, यह जन-आक्रोश इस बात से उपजा है कि देश भर में भारतीयों के वोटिंग अधिकार छीने जा रहे हैं। सरकार ने चुनाव आयोग को महज़ एक कठपुतली बना दिया है और ज्ञानेश कुमार का इस्तेमाल देश भर में चुनाव जीतने के लिए एक हथियार के तौर पर कर रही है। उन्होंने ज्ञानेश कुमार को हटाने और जेल भेजने की मांग की और कहा कि नागरिकों से वोट देने का अधिकार छीनने के लिए ज़िम्मेदार लोगों को जवाबदेह ठहराया जाना चाहिए। इसे भी पढ़ें: BJP नेता Smriti Irani का हमला, हार के बाद Congress कर रही संवैधानिक संस्थाओं का अपमान उन्होंने कहा हम ज्ञानेश कुमार को तुरंत हटाने और उन्हें जेल भेजने की मांग करते हैं। देश की जनता यह पक्का करेगी कि जिन लोगों ने देश के साथ धोखा किया है और नागरिकों से वोट देने का अधिकार छीना है खासकर सरकार और ज्ञानेश कुमार उन्हें जवाबदेह ठहराया जाए और जेल भेजा जाए। अहमदाबाद शहर कांग्रेस कमेटी की अध्यक्ष सोनल रमनभाई पटेल ने कहा कि इस विरोध प्रदर्शन का मकसद ज्ञानेश कुमार का इस्तीफा लेना है। उन्होंने दावा किया कि चुनावी प्रक्रियाओं पर चर्चा के बाद कांग्रेस नेता राहुल गांधी द्वारा वोट चोरी को लेकर लगाए गए आरोपों पर लोगों का ध्यान गया है। पटेल ने कहा आज यहां हो रहे विरोध प्रदर्शन का मकसद ज्ञानेश कुमार का इस्तीफा लेना है। राहुल गांधी लंबे समय से यह बात उठाते रहे हैं कि कैसे वोट चोरी किए जा रहे हैं और कैसे बीजेपी असली जनसमर्थन के बजाय ऐसे हथकंडे अपनाकर सालों से चुनाव जीतती आ रही है। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि वोटर लिस्ट से नाम हटाना नागरिकों के वोट देने के अधिकार का उल्लंघन है। इसे भी पढ़ें: Rahul Gandhi Defamation Case: सुल्तानपुर कोर्ट में सुनवाई टली, 1 अक्टूबर को होगी अगली कार्यवाही उन्होंने कहा अब ठोस सबूत सामने आए हैं, जिनमें चुनाव आयोग के अधिकारियों की ओर से अलग-अलग मौकों पर गलत प्रक्रियाओं को लेकर जताई गई असहमति भी शामिल है, जिससे यह मामला सबके सामने आ गया है। वोटर लिस्ट से 16 करोड़ लोगों के नाम हटाना असल में उनके वोट देने के अधिकार का उल्लंघन है; इससे बड़ा देशद्रोह और कोई नहीं हो सकता। GPCC के मुख्य प्रवक्ता मनीष दोषी ने कहा कि लोकतंत्र की रक्षा करना चुनाव आयोग की ज़िम्मेदारी थी और आरोप लगाया कि आयोग अपनी इस ज़िम्मेदारी को निभाने में नाकाम रहा है।
कर्क-कन्या के करियर में बाधा, जानें आपकी राशि के लिए कैसा रहेगा अक्टूबर
अक्टूबर माह कर्क राशि वालों के लिए करियर के मामले में कुछ चुनौतियां लेकर आ सकता है. काम का दबाव बढ़ने से तनाव महसूस हो सकता है और नौकरी छोड़ने पर विचार कर सकते हैं. कन्या राशि वालों की समस्याएं भी बढ़ सकती हैं और नौकरी बदलने की स्थिति बन सकती है.
28 हजार की स्पीड और लंच में मैंगो सलाद, अंतरिक्ष से शुभांशु शुक्ला का वीडियो देख हो जाएंगे हैरान.
घर पर बनाएं बाजार जैसा गुजराती खाकरा, इस ट्रिक से बनेगा क्रिस्पी
गुजराती खाकरा पतला, कुरकुरा और स्वादिष्ट स्नैक है, जिसे चाय, दही, अचार या चटनी के साथ खाया जाता है. इसे घर पर गेहूं के आटे और कुछ मसालों से आसानी से बनाया जा सकता है. आइए आपको खाकरा बनाने की आसान रेसिपी और उसे लंबे समय तक कुरकुरा रखने का तरीका बताते हैं.
पैसा कमा लिया होगा, पर MLA बनना बहुत कठिन है; पूर्व IAS दिव्य मित्तल को ओपी राजभर की नसीहत
पूर्व आईएएस अधिकारी दिव्या मित्तल के राजनीति में आने के ऐलान पर यूपी सरकार के मंत्री ओम प्रकाश राजभर की प्रतिक्रिया सामने आई है.
गोंडा: IAS दुर्गा शक्ति नागपाल के एक्शन से खत्म हुआ 30 साल पुराना विवाद!
गोंडा में मंडलायुक्त कार्यालय के लिए आरक्षित नजूल भूमि से तीन दशक पुराना अवैध कब्जा हट गया है. मंडलायुक्त दुर्गा शक्ति नागपाल की कड़ाई और प्रशासनिक निगरानी के बाद वादी दयानंद मिश्र ने कोर्ट में शपथ-पत्र देकर पैरवी न करने का फैसला किया और जमीन से अपना कब्जा खुद हटा लिया.
नीरव मोदी से जुड़े PNB धोखाधड़ी मामले में वांछित संदीप मिस्त्री को यूएई से भारत लाया गया है। जुलाई 2026 में उसके खिलाफ इंटरपोल रेड नोटिस जारी हुआ था। 28 सितंबर की रात मुंबई पहुंचने के बाद सीबीआई ने उसे हिरासत में लिया और अदालत ने न्यायिक हिरासत में भेज दिया। उस पर फर्जी व्यापारिक लेन-देन में भूमिका निभाने के आरोप हैं।
इंटरएक्टिव मैप डिजिटल लैंड यूज प्लान, दिल्ली-2047 के मास्टर प्लान (MPD-2047) का हिस्सा है. इसमें लैंड यूज प्लान में जमीन के इस्तेमाल की 9 मुख्य कैटेगरी दिखाई गई हैं.
कोई नहर, कोई नदी... बिट्टू तबाही के बाद आया सफाई का नया ट्रेंड!
बिट्टू तबाही की अजनार नदी सफाई का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ, तो अलग-अलग जगहों से सफाई के ऐसे वीडियो सामने आने लगे. कहीं युवा नहर में उतरे तो कहीं लोगों ने बच्चों के लिए रास्ता साफ कर दिया.
Mansukh Hiren Case: हत्या आतंकी कृत्य नहीं, कोर्ट ने Sachin Waze को दी जमानत
एनआईए की एक विशेष अदालत ने 2021 के एंटीलिया बम की धमकी और मनसुख हिरेन हत्याकांड मामले में पूर्व पुलिसकर्मी सचिन वाज़े को ज़मानत दे दी। अदालत ने कहा कि अभियोजन पक्ष उनके ख़िलाफ़ 'गैर-कानूनी गतिविधि (रोकथाम) अधिनियम' (UAPA) के तहत आतंकवाद का प्रथम दृष्टया मामला साबित करने में विफल रहा। स्पेशल सेशन जज चकोर एस बाविस्कर ने कहा कि रिकॉर्ड में ऐसा कुछ भी नहीं है जिससे यह साबित हो सके कि अंबानी परिवार को किसी भी तरह से डराया-धमकाया गया था। 25 फरवरी, 2021 को दक्षिण मुंबई में उद्योगपति मुकेश अंबानी के घर 'एंटीलिया' के पास विस्फोटक से भरी एक SUV खड़ी मिली थी। इस SUV के मालिक, बिज़नेसमैन मनसुख हिरेन, 5 मार्च, 2021 को पड़ोसी ठाणे की एक खाड़ी में मृत पाए गए थे। अदालत ने NIA द्वारा सख्त UAPA कानून लागू करने पर सवाल उठाए। अदालत ने कहा कि एजेंसी अंबानी परिवार के किसी भी सदस्य का बयान दर्ज करने में नाकाम रही, जिससे यह साबित हो सके कि उन्हें डराया-धमकाया गया था। इसे भी पढ़ें: जिस इलाके में हम तेल नहीं बेचते, वहां कोई और भी तेल नहीं बेचेगा”: ईरान की संसद के स्पीकर ग़ालिबाफ़ ने अमेरिका को चेतावनी दी कोर्ट ने क्या कहा कोर्ट ने कहा रिकॉर्ड में ऐसी कोई बात नहीं है जिससे यह अंदाज़ा भी लगाया जा सके कि अंबानी परिवार या उनमें से किसी को भी कभी किसी तरह से डराया-धमकाया गया हो। कोर्ट ने आगे कहा कि घटना के कुछ समय बाद से लेकर अब तक अंबानी परिवार के रोज़मर्रा के कामकाज में एक मिनट के लिए भी कोई रुकावट नहीं आई। इसे भी पढ़ें: Assembly Elections की तैयारी: Delhi में BJP अध्यक्ष Nitin Nabin ने 65 प्रभारियों संग की बैठक वाज़े के ख़िलाफ़ आतंकी कनेक्शन का कोई सबूत नहीं कोर्ट ने कहा कि भले ही प्रॉसिक्यूशन का दावा था कि वाज़े का मकसद आतंक फैलाना था या उसके कथित काम से अंबानी परिवार के मन में डर पैदा हो सकता था, लेकिन इस दावे को साबित करने के लिए रिकॉर्ड पर कोई ठोस सबूत नहीं था। कोर्ट ने यह भी बताया कि SUV से मिली जिलेटिन की छड़ों में डेटोनेटर नहीं थे, इसलिए उनसे धमाका नहीं हो सकता था। कोर्ट ने माना कि यह UAPA की धारा 15 के तहत किसी काम को आतंकी गतिविधि मानने के लिए ज़रूरी साधन की श्रेणी में नहीं आता। हिरेन की मौत के बारे में कोर्ट ने कहा कि हालांकि यह हत्या का मामला था, लेकिन यह किसी आतंकी गतिविधि का सीधा नतीजा नहीं था। कोर्ट ने कहा कि कथित हत्या भारतीय दंड संहिता (IPC) की धारा 302 के तहत एक अलग अपराध है, और इसलिए इस पर UAPA के तहत ज़मानत की सख़्त शर्तें लागू नहीं होतीं। कोर्ट ने वाज़े की ज़मानत अर्ज़ी मंज़ूर कर ली और उसे 1 लाख रुपये के पर्सनल बॉन्ड और एक ज़मानतदार के साथ रिहा करने का आदेश दिया। प्रॉसिक्यूशन ने वाज़े और अन्य लोगों पर फरवरी और मार्च 2021 के बीच एक आतंकी गिरोह बनाने और आपराधिक साज़िश रचने का आरोप लगाया है।
मोनोकनी लुक में वायरल हुईं शाहनील गिल की गॉर्जियस तस्वीरें
क्रिकेटर शुभमन गिल की बहन शाहनील गिल इन दिनों अपनी वेकेशन तस्वीरों को लेकर चर्चा में हैं. शाहनील ने बीच से अपनी कुछ तस्वीरें सोशल मीडिया पर शेयर की हैं, जिनमें उनका स्टाइलिश अंदाज नजर आ रहा है. ओपन हेयर, लाइट मेकअप और मिनिमल जूलरी के साथ उनका बीच लुक फैंस को पसंद आ रहा है. शाहनील सोशल मीडिया इंफ्लुएंसर हैं और 'द ट्रेटर्स' में भी नजर आ चुकी हैं.
Barapullah Flyover Opening Latest Update: बारापूला फेज-3 कॉरिडोर का उद्घाटन आज हो रहा है. इससे ईस्ट दिल्ली से एम्स तक 9 किमी सुपरफास्ट कनेक्टिविटी मिलेगी. सराय काले खां, आईटीओ, सफदरजंग से लेकर फरीदाबाद, नोएडा, गाजियाबाद के यात्रियों को भी फायदा होगा.
CEC Gyanesh Kumar पर महाभियोग प्रस्ताव का समर्थन करेगी AAP, INDIA गठबंधन की बैठक से बनाई दूरी
आम आदमी पार्टी (AAP) ने घोषणा की है कि वह दिल्ली में बुधवार को होने वाली INDIA ब्लॉक की बैठक में शामिल नहीं होगी। इस बैठक का मकसद चुनाव आयोग और मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार से जुड़े मुद्दों पर चर्चा करना है। INDIA ब्लॉक की इस बैठक में चुनाव में कथित गड़बड़ियों के खिलाफ़ देशव्यापी विरोध प्रदर्शन पर विचार किया जाना है। हालांकि, AAP के राज्यसभा सांसद संजय सिंह ने कहा कि पार्टी इसके बजाय संसद में मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ़ महाभियोग प्रस्ताव का समर्थन करेगी। इसे भी पढ़ें: हेड कॉन्स्टेबल से मारपीट पर एक्शन, AAP नेता Saurabh Bharadwaj और Jarnail Singh पर FIR दर्ज सिंह ने कहा कि आम आदमी पार्टी पहले ही साफ़ कर चुकी है कि हम INDIA गठबंधन का हिस्सा नहीं हैं, इसलिए ऐसी बैठक में शामिल होने का कोई मतलब नहीं है। उन्होंने आगे कहा, जहां तक मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार पर महाभियोग का सवाल है, हम पहले ही उस पर हस्ताक्षर कर चुके हैं। अगर संसद में ज्ञानेश कुमार के ख़िलाफ़ महाभियोग प्रस्ताव लाया जाता है और कोई कार्रवाई होती है, तो हम सभी विपक्षी दलों के साथ मिलकर यह लड़ाई लड़ेंगे। समाजवादी पार्टी के नेता अखिलेश यादव के भी विपक्षी बैठक से दूरी बनाने की खबरों पर सिंह ने कांग्रेस पार्टी की आलोचना की और उस पर उत्तर प्रदेश में यादव और समाजवादी पार्टी के लिए मुश्किलें पैदा करने का आरोप लगाया। सिंह ने कहा कि हम देख रहे हैं कि कांग्रेस उत्तर प्रदेश में समाजवादी पार्टी और अखिलेश यादव को कैसे परेशान कर रही है। आज हमने सुना कि कांग्रेस 150 सीटें चाहती है। कभी वे कहते हैं कि वे सभी 403 सीटों पर चुनाव लड़ेंगे; तो कभी कहते हैं कि उन्हें 200 सीटें चाहिए। क्या वे बीजेपी से लड़ रहे हैं या समाजवादी पार्टी से? उनके बयानों से ऐसा लगता है जैसे वे समाजवादी पार्टी से ही लड़ रहे हों। इसे भी पढ़ें: Saurabh Bharadwaj पहुंचे Vikaspuri थाना, मंत्री Parvesh Sahib Singh पर केस दर्ज करने की मांग यह राजनीतिक विवाद 'द इंडियन एक्सप्रेस' की एक खोजी रिपोर्ट के बाद और बढ़ गया। इस रिपोर्ट में खुलासा हुआ कि चुनाव आयुक्त सुखबीर सिंह संधू और विवेक जोशी ने 10 महीनों के दौरान 'स्टेटवाइड इंटर-रजिस्ट्रेशन' (SIR) प्रक्रिया से जुड़े फैसलों और तौर-तरीकों पर कम से कम 14 बार आपत्तियां जताई थीं।
‘बहुत पीछे तो नहीं...', राहुल ने ली खड़गे की चुटकी, CWC मीटिंग में मजाक, तंज और राजनीति
कांग्रेस कार्यसमिति की बैठक में चुनाव आयोग और SIR को लेकर गंभीर राजनीतिक चर्चा के बीच माहौल कुछ देर के लिए हल्का-फुल्का भी हो गया. राहुल गांधी और कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे के बीच हुई मजेदार बातचीत पर कमरे में ठहाके गूंजे. वहीं शशि थरूर को लेकर खड़गे की चुटकी ने भी नेताओं के चेहरों पर मुस्कान ला दी.
BP की दवा सुबह लें या रात में? टाइमिंग का सच क्या है
ब्लड प्रेशर की दवाएं सुबह लें या रात में, इस पर मरीजों में भ्रम रहता है. दिल्ली के अपोलो हॉस्पिटल के कार्डियोथोरेसिक सर्जन डॉ. वरुण बंसल के अनुसार, दवा बिना डॉक्टर की सलाह के बंद करना नुकसानदायक हो सकता है.
एथलेटिक्स में भारत का पहला गोल्ड, 4x400 मीटर रिले में बेटियों का कमाल
एशियन गेम्स 2026 में भारत ने एथलेटिक्स का पहला गोल्ड मेडल जीत लिया है. महिलाओं की 4x400 मीटर रिले में किरण पहल, पूवम्मा माचेट्टीरा, प्राची और विथ्या रामराज की चौकड़ी ने 3:29.69 मिनट के समय के साथ स्वर्ण पदक अपने नाम किया. भारत ने इससे पहले 4x100 मीटर मिक्स्ड रिले में कांस्य भी जीता.
जंतर-मंतर पर धार्मिक स्थलों से जुड़ी कार्रवाई के विरोध में प्रदर्शन, कई नेता हिरासत में
मस्जिदों और दूसरे धार्मिक स्थलों से जुड़ी कार्रवाई के विरोध में MCIM के बैनर तले जंतर-मंतर पर प्रदर्शन हुआ। इस दौरान पुलिस ने कई प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लिया। आयोजकों ने कार्रवाई की आलोचना की और कहा कि प्रदर्शन में धार्मिक स्वतंत्रता के साथ SIR और अन्य मुद्दे भी उठाए गए। धार्मिक स्थलों को चुनकर निशाना बनाए जाने के आरोप आयोजकों के हैं।
नमो भारत के यात्रियों के लिए खुशखबरी; लॉन्च की गई यह सुविधा, बचेंगे समय और पैसे
नमो भारत ट्रेन में नियमित यात्रियों के लिए एक खास सुविधा शुरू की गई है। एक कार्ड से यूजर तय स्टेशनों के बीच यात्रा कर के समय बचा सकते हैं। इससे बार-बार टिकट खरीदने या रिचार्ज करने की जरूरत नहीं पड़ेगी।
‘5 बजे ऑफिस खाली!’ भारतीय महिला ने दिखाया जर्मनी का वर्क कल्चर
जर्मनी में काम करने वाली एक भारतीय महिला ने वहां के ऑफिस कल्चर का वीडियो शेयर किया है. शाम 5:30 बजे लगभग खाली ऑफिस देखकर वह हैरान रह गईं. उन्होंने बताया कि कर्मचारी सुबह 8 बजे आते हैं और शाम 5 बजे तक काम खत्म कर घर निकल जाते हैं.
उफनती नदी, टूटा तटबंध, उजड़ा घर; कुशीनगर के बाढ़ पीड़ितों से मिले CM योगी
उत्तर प्रदेश मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मंगलवार को कुशीनगर के बाढ़ प्रभावित इलाकों का जायजा लिया. उन्होंने बाढ़ पीड़ितों से मुलाकात कर राहत सामग्री वितरित कराई.
इंस्टा पर परफेक्ट, स्नैपचैट पर रॉ... Gen Z की दो डिजिटल पहचान!
जेन जी सोशल मीडिया के अलग-अलग प्लेफॉर्म्स पर खुद को अलग तरीके से दिखाती करती नजर आती है. इंस्टाग्राम पर तस्वीरें और वीडियो ज्यादा सजे हुए और सोच-समझकर साझा किए जाते हैं, वहीं स्नैपचैट पर दोस्तों के साथ रोजमर्रा के पल ज्यादा सहज तरीके से साझा किए जा सकते हैं. क्या यह जेन जी की दो डिजिटल पहचान हैं या खुद को दिखाने के अलग अंदाज?
तुम सबसे बहादुर, जिसे अंकल कहती थी अब वह... 10 साल की रेप पीड़िता को जज का भावुक संदेश
दिल्ली हाईकोर्ट ने 10 साल की पॉक्सो पीड़िता तक निचली अदालत का भावुक संदेश पहुंचाने का आदेश दिया है। अदालत ने कहा है कि बच्ची की बात सुनी गई है और जिसे वह अंकल कहती थी, वह जेल के पिंजरे में ही बूढ़ा होगा। पढ़ें क्या है पूरा मामला...
जिसे समाज ने बनाया 'मर्द', उसने औरत होना चुना! 'डोरोथी' की कहानी क्यों जरूरी
तमिल सिनेमा में ट्रांसजेंडर किरदारों की कहानियां पहले भी दिखाई गई हैं, लेकिन उनमें अक्सर एक बात समान रही है दुख और संघर्ष. ट्रांस किरदारों को अस्वीकृति, भेदभाव, हिंसा और सामाजिक अकेलेपन से गुजरते हुए दिखाया जाता रहा है. डोरोथी इस कहानी को उलट देती है.
शादी के 6 माह बाद Jubin Nautiyal बने पिता, पत्नी ने बेटे को दिया जन्म, क्या रखा बच्चे का नाम?
Jubin Nautiyal Baby:
हरदीप सिंह पुरी को यूपी से फिर राज्यसभा भेजेगी भाजपा? सूत्रों का दावा, औपचारिक घोषणा बाकी
तहलका से भाजपा के एक वरिष्ठ नेता ने दावा किया है कि केंद्रीय मंत्री हरदीप सिंह पुरी को उत्तर प्रदेश से दोबारा राज्यसभा भेजने पर सहमति बन गई है। पार्टी की औपचारिक घोषणा अभी बाकी है। पुरी का मौजूदा कार्यकाल 25 नवंबर को खत्म होगा; नामांकन की प्रक्रिया 29 सितंबर से शुरू हो गई है।
फिर युद्ध से संकट... अब इस पेट्रोल पंप पर मिलेगा सिर्फ 30 लीटर पेट्रोल
Reliance BP और Nayara ने अपने कुछ पेट्रोल पंपों पर डीजल और पेट्रोल की बिक्री सीमित कर दी है. अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में लगी आग की वजह से ये फैसला लिया गया है, जो 107 डॉलर प्रति बैरल के पार पहुंच गया.
यूपी में सपा संग सीट बंटवारे पर तनातनी, कांग्रेस प्रदेश प्रभारी ने दिया बड़ा बयान
चुनाव आयोग के खिलाफ विपक्षी रणनीति की तैयारियों के बीच उत्तर प्रदेश में सीट बंटवारे पर कांग्रेस और समाजवादी पार्टी की तनातनी बढ़ती जा रही है. सीट बंटवारे पर बयानबाजी के बीच अब उत्तर प्रदेश में कांग्रेस के प्रभारी राजेंद्र पाल गौतम ने बड़ा बयान दिया है. राजेंद्र पाल गौतम ने कहा कि पार्टी 150 से कम सीटों पर चुनाव नहीं लड़ेगी.
PM Awas Yojana में किसे मिलेगा घर? नई मंजूरी के बाद जानिए पात्रता, पैसा और आवेदन का तरीका
प्रधानमंत्री आवास योजना-शहरी (PMAY-U) 2.0 के तहत केंद्र सरकार ने अब तक 18.77 लाख घरों को मंजूरी दी है। आवासन और शहरी कार्य मंत्रालय के अनुसार, 10 सितंबर 2026 को हुई केंद्रीय मंजूरी एवं निगरानी समिति (CSMC) की बैठक में 29 हजार से अधिक अतिरिक्त घरों ...
ऑरोविले के अन्नपूर्णा फार्म को लेकर चल रहा विवाद अब नए चरण में पहुंच गया है। फार्म से जुड़े निवासियों ने ऑरोविले फाउंडेशन की ओर से जारी अंतिम स्थानांतरण नोटिस को चुनौती दी है। दोनों पक्षों की ओर से जमीन खाली करने की समयसीमा, वैकल्पिक जगह और जमीन के भविष्य में इस्तेमाल को लेकर अलग-अलग […] यह लेख ऑरोविले के अन्नपूर्णा फार्म विवाद में नया मोड़, जमीन खाली करने के नोटिस को लेकर आमने-सामने फाउंडेशन और निवासी सर्वप्रथम tfipost.in पर प्रकाशित हुआ है
यूपी ट्रेड फेयर में दिखी 75 जिलों की 75 महिला उद्यमियों की ताकत
गांव से ग्लोबल तक की महिलाओं की यात्रा केवल कारोबार के विस्तार की कहानी नहीं, बल्कि अपने नाम, अपने ब्रांड और अपनी पहचान के साथ आगे बढ़ती नारी शक्ति की कहानी है.
BJP नेता Smriti Irani का हमला, हार के बाद Congress कर रही संवैधानिक संस्थाओं का अपमान
भारतीय जनता पार्टी की नेता स्मृति ईरानी ने मंगलवार को कांग्रेस नेतृत्व की आलोचना की। उन्होंने कहा कि कांग्रेस अपनी चुनावी हार पर विचार करने के बजाय संवैधानिक संस्थाओं को कमज़ोर कर रही है और भारत के चुनाव आयोग की निष्पक्षता पर सवाल उठा रही है। एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में ईरानी ने वोटर लिस्ट में बदलाव और उसे अपडेट करने के बारे में विपक्ष की हालिया टिप्पणियों की निंदा की। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के इस विचार का ज़िक्र किया कि लोकतंत्र में राजनीतिक विरोध तो होता है, लेकिन अहम लोकतांत्रिक संस्थाओं पर हमले नहीं होने चाहिए। इसे भी पढ़ें: Rahul Gandhi Defamation Case: सुल्तानपुर कोर्ट में सुनवाई टली, 1 अक्टूबर को होगी अगली कार्यवाही ईरानी ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी ने बार-बार कहा है: उनकी आलोचना करें, उन पर हमला करें, लेकिन इस हमले को संवैधानिक संस्थाओं और भारत के लोकतंत्र पर हमले में न बदलने दें। हालांकि, कांग्रेस नेतृत्व भारत के संवैधानिक ढांचे को तहस-नहस करने में कोई कसर नहीं छोड़ रहा है। वोटर लिस्ट अपडेट में 13.3 करोड़ एंट्रीज़ के बारे में कांग्रेस के दावों पर बात करते हुए, उन्होंने बताया कि चुनाव आयोग ने बूथ लेवल अधिकारियों द्वारा डुप्लीकेट और मृत वोटरों को हटाने के लिए किए गए घर-घर जाकर वेरिफिकेशन की प्रक्रिया पर एक आधिकारिक स्पष्टीकरण जारी किया था। ईरानी ने वोटर लिस्ट को ठीक करने के विरोध में विपक्ष के इरादों पर सवाल उठाते हुए पूछा कि अगर वोटर लिस्ट में डुप्लीकेट नाम या मृत लोगों के नाम हैं, तो कांग्रेस पार्टी क्यों चाहती है कि मृत लोगों के नाम वापस जोड़े जाएं? कांग्रेस पार्टी क्यों चाहती है कि डुप्लीकेट एंट्रीज़ बनी रहें? उन्होंने हिमाचल प्रदेश, पंजाब, केरल और कर्नाटक जैसे राज्यों में कांग्रेस के रवैये पर भी सवाल उठाए, जहाँ गैर-बीजेपी सरकारें सत्ता में हैं। उन्होंने पूछा कि क्या पार्टी उन इलाकों में भी चुनाव आयोग के लिए वही पैमाने अपनाती है। इसे भी पढ़ें: भगवान राम-शिव पर टिप्पणी से हिंदू समाज को बांट रहे CM Revanth Reddy, BJP ने मांगी माफी कांग्रेस द्वारा आज़ादी से पहले के लाहौर अधिवेशन का ज़िक्र किए जाने को खारिज करते हुए, ईरानी ने इंडियन नेशनल कांग्रेस की शुरुआत का ज़िक्र किया और औपनिवेशिक हितों की रक्षा के लिए इसके गठन में ब्रिटिश अधिकारी ए.ओ. ह्यूम की भूमिका को उजागर किया। उन्होंने कहा कि ब्रिटिश साम्राज्य की रक्षा के लिए बनाई गई कांग्रेस पार्टी आज भारत के चुनाव आयोग पर हमला कर रही है... इससे ज़्यादा शर्मनाक बात और क्या हो सकती है।
'हार की समीक्षा की जगह EC पर हमला...', कांग्रेस पर बरसीं स्मृति ईरानी
भारतीय जनता पार्टी की वरिष्ठ नेता और महासचिव स्मृति ईरानी ने कांग्रेस पार्टी पर तीखा हमला बोला है. उन्होंने कांग्रेस नेतृत्व पर भारत की लोकतांत्रिक संस्थाओं और संवैधानिक व्यवस्थाओं को कमजोर करने का आरोप लगाया है. स्मृति ईरानी का कहना है कि चुनाव में बार-बार मिल रही हार की समीक्षा करने के बजाय कांग्रेस अब सीधे चुनाव आयोग पर निशाना साध रही है. उन्होंने सवाल उठाया कि क्या हिमाचल प्रदेश, पंजाब, केरल और कर्नाटक जैसे गैर-भाजपा शासित राज्यों में भी कांग्रेस चुनाव आयोग की निष्पक्षता पर सवाल उठाती है या वहां उन्हें क्लीन चिट देती है.
चुनाव आयोग पर कितना भरोसा, पूर्व CEC रावत और पूर्व EC लवासा ने दिया जवाब
इंडिया टुडे कॉन्क्लेव साउथ 2026 में चुनाव आयोग की विश्वसनीयता और SIR को लेकर अहम चर्चा हुई. पूर्व मुख्य चुनाव आयुक्त ओम प्रकाश रावत और पूर्व चुनाव आयुक्त अशोक लवासा ने कई मुद्दों पर बेबाक राय रखी.
विराट का परफेक्ट ODI बल्लेबाज: सचिन की स्ट्रेट ड्राइव और सहवाग का कट
क्रिकेट के खेल में हर बल्लेबाज की अपनी एक अनूठी शैली, तकनीक और खूबी होती है। लेकिन क्या कभी आपने सोचा है कि अगर क्रिकेट इतिहास के अलग-अलग दिग्गजों की सबसे बेहतरीन खूबियों को आपस में मिला दिया जाए, तो एक 'परफेक्ट वन-डे इंटरनेशनल (ODI) बल्लेबाज' कैसा दिखाई देगा? आधुनिक युग के महान बल्लेबाज विराट कोहली (Virat Kohli) ने हाल ही में एक खास बातचीत के दौरान इसी सवाल का जवाब देते हुए अपनी पसंद साझा की है।विराट कोहली ने बल्लेबाजी के विभिन्न शॉट्स, तकनीक और मैदान पर स्किल के आधार पर क्रिकेट जगत के कई महान खिलाड़ियों को चुनकर एक आदर्श ओडीआई बल्लेबाज की रूपरेखा तैयार की है। उनकी इस खास लिस्ट में भारतीय क्रिकेट के दिग्गजों से लेकर दुनिया भर के कई दिग्गज खिलाड़ी शामिल हैं। आइए जानते हैं कोहली ने किस स्किल के लिए किस खिलाड़ी को चुना है।स्ट्रेट ड्राइव के लिए मास्टर ब्लास्टर सचिन तेंदुलकरजब बात सीधे बल्ले से खेले जाने वाले सबसे खूबसूरत शॉट यानी 'स्ट्रेट ड्राइव' की आती है, तो क्रिकेटप्रेमियों के जेहन में सबसे पहला नाम महान बल्लेबाज सचिन तेंदुलकर (Sachin Tendulkar) का ही आता है। विराट कोहली ने भी इस प्रतिष्ठित शॉट के लिए अपने आदर्श सचिन तेंदुलकर का ही चुनाव किया है। अपने करियर के दौरान सचिन ने इस शॉट का इतनी बार और इतनी खूबसूरती से इस्तेमाल किया है कि यह उनकी बल्लेबाजी की सबसे बड़ी पहचान बन गया था।कवर ड्राइव और फ्लिक शॉट के लिए ये दिग्गजमैदान के अलग-अलग हिस्सों में स्ट्रोक खेलने के मामले में विराट कोहली ने अन्य दिग्गजों को भी अपनी इस ड्रीम लिस्ट में जगह दी है:कवर ड्राइव (Cover Drive): शानदार कवर ड्राइव खेलने के लिए कोहली ने श्रीलंका के पूर्व कप्तान और दिग्गज बल्लेबाज कुमार संगकारा (Kumar Sangakkara) को चुना है, जिनकी तकनीक बेहद क्लासिक मानी जाती है।फ्लिक शॉट (Flick Shot): लेग साइड में गजब की कलाई का इस्तेमाल करते हुए गेंद को सीमा रेखा के पार भेजने वाले फ्लिक शॉट के लिए कोहली ने भारत के पूर्व भरोसेमंद बल्लेबाज राहुल द्रविड़ (Rahul Dravid) को चुना है।कट शॉट और सिक्स हिटिंग के लिए विस्फोटक खिलाड़ीमैदान पर गेंदबाजों की धज्जियां उड़ाने वाले ताबड़तोड़ शॉट्स के लिए भी विराट ने बड़े नामों को चुना है:कट शॉट (Cut Shot): अपनी आक्रामक और निडर बल्लेबाजी शैली के लिए मशहूर पूर्व भारतीय सलामी बल्लेबाज वीरेंद्र सहवाग (Virender Sehwag) को कोहली ने परफेक्ट कट शॉट के लिए चुना है।स्वीप शॉट (Sweep Shot): स्पिन गेंदबाजों के खिलाफ मैदान पर बेहतरीन स्वीप शॉट खेलने की महारत के लिए ऑस्ट्रेलिया के पूर्व दिग्गज बल्लेबाज मैथ्यू हेडन (Matthew Hayden) का नाम इस लिस्ट में शामिल है।सिक्स हिटिंग पावर (Six Hitting): दुनिया भर के गेंदबाजों के छक्के छुड़ाने वाली लंबी छक्के लगाने की ताकत के लिए कोहली ने वेस्टइंडीज के विस्फोटक खिलाड़ी क्रिस गेल (Chris Gayle) को चुना है।विकेटों के बीच दौड़ के लिए एबी डिविलियर्स का चुनावकेवल बाउंड्री लगाना ही नहीं, बल्कि विकेटों के बीच गजब की फुर्ती के साथ तेजी से रन चुराना भी एक बेहतरीन बल्लेबाज की बहुत बड़ी खूबी होती है। इस मामले में विराट कोहली ने अपने करीबी दोस्त और दक्षिण अफ्रीका के महान बल्लेबाज एबी डिविलियर्स (AB de Villiers) को चुना है, जो अपनी अविश्वसनीय रनिंग बिटवीन द विकेट्स के लिए जाने जाते थे। इस तरह सचिन, सहवाग, संगकारा, द्रविड़, हेडन, गेल और डिविलियर्स की खूबियों को मिलाकर कोहली का यह परफेक्ट ओडीआई बल्लेबाज तैयार होता है।
Rahul Gandhi Defamation Case: सुल्तानपुर कोर्ट में सुनवाई टली, 1 अक्टूबर को होगी अगली कार्यवाही
उत्तर प्रदेश के सुल्तानपुर जिले की एक विशेष अदालत में मंगलवार को लोकसभा में विपक्ष के नेता और रायबरेली से कांग्रेस सांसद राहुल गांधी के खिलाफ मानहानि मामले की सुनवाई नहीं हो सकी। अदालत ने मामले की अगली सुनवाई के लिए एक अक्टूबर की तारीख तय की। परिवादी एवं भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के नेता विजय मिश्र की ओर से पेश अधिवक्ता संतोष कुमार पांडेय ने 21 सितंबर को बहस शुरू की थी, लेकिन उनकी दलीलें पूरी नहीं हो सकी थीं। इसके बाद विशेष न्यायाधीश शुभम वर्मा ने आगे की सुनवाई के लिए 29 सितंबर की तारीख तय की थी। हालांकि, 29 सितंबर को मामले की सुनवाई नहीं हो सकी। पांडेय ने बताया कि वरिष्ठ अधिवक्ता कृष्ण चंद्र श्रीवास्तव के निधन के कारण वकील कामकाज से दूर रहे, जिससे आज सुनवाई नहीं हो सकी। राहुल पर 2018 में बेंगलुरु में चुनाव प्रचार के दौरान भाजपा के तत्कालीन राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं मौजूदा केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह के खिलाफ आपत्तिजनक टिप्पणी करने का आरोप है। भाजपा नेता मिश्र ने कांग्रेस नेता के खिलाफ चार अगस्त 2018 को मानहानि का मुकदमा दायर किया था। इस मामले में अदालत ने राहुल को 27 नवंबर 2023 को तलब किया था। कांग्रेस नेता ने अदालत में पेश होकर जमानत कराई थी। बाद में मिश्र ने राहुल की आवाज का मिलान कराने के लिए अर्जी दी थी, जिसे निचली अदालत ने खारिज कर दिया था। सत्र अदालत और उच्च न्यायालय ने भी मिश्र का यह अनुरोध ठुकरा दिया था।
चीन के हांगझोउ में चल रहे महाकुंभ यानी 2026 एशियाई खेलों (Asian Games 2026) में भारतीय एथलीटों का शानदार प्रदर्शन लगातार जारी है। भारत के स्टार लॉन्ग-डिस्टेंस रनर गुलवीर सिंह ने एक बार फिर अपनी अद्भुत दौड़ और शानदार रणनीति के दम पर देश का सिर गर्व से ऊंचा कर दिया है। गुलवीर सिंह ने इन खेलों में अपनी बेहतरीन फॉर्म को जारी रखते हुए पुरुषों की 5000 मीटर रेस के फाइनल मुकाबले में ऐतिहासिक प्रदर्शन करते हुए ब्रॉन्ज मेडल (Bronze Medal) पर कब्जा कर लिया है।इस रोमांचक और कड़ी प्रतिस्पर्धा वाली रेस में गुलवीर ने अपनी सहनशक्ति का परिचय देते हुए निर्धारित दूरी को 13 मिनट 32.75 सेकंड में पूरा किया और तीसरे स्थान पर रहे। इस जीत के साथ ही गुलवीर सिंह ने इतिहास के पन्नों में अपना नाम दर्ज करा लिया है, क्योंकि वे एक ही संस्करण के एशियाई खेलों में तीन व्यक्तिगत पदक जीतने वाले भारत के पहले एथलीट बन गए हैं।रोमांचक मुकाबले में बहरीन और जापान के धावकों को कड़ी टक्करपुरुषों की 5000 मीटर फाइनल रेस का यह मुकाबला बेहद कड़ा और कांटे की टक्कर वाला रहा। इस इवेंट में स्वर्ण पदक (Gold Medal) बहरीन के प्रतिभाशाली धावक बिरहानु बालेव (Birhanu Balew) ने अपने नाम किया, जिन्होंने शानदार प्रदर्शन करते हुए 13 मिनट 30.79 सेकंड में रेस पूरी की।वहीं, जापान के धावक टोमोनोरी यामागुची (Tomonori Yamaguchi) ने 13 मिनट 31.43 सेकंड का समय लेते हुए दूसरा स्थान हासिल किया और सिल्वर मेडल (Silver Medal) अपने नाम किया। भारतीय धावक गुलवीर सिंह ने शुरुआत से ही अपनी गति को नियंत्रित रखते हुए अंत तक पदक की दौड़ में मजबूत पकड़ बनाए रखी और कांस्य पदक देश की झोली में डाल दिया। इस तरह इस प्रतिष्ठित इवेंट में तीनों पदक विजेताओं का फैसला बेहद मामूली अंतर से हुआ।एक ही एशियन गेम्स में तीन मेडल जीतने वाले पहले भारतीय बने गुलवीरगुलवीर सिंह के लिए यह एशियाई खेल अविश्वसनीय रहे हैं और उन्होंने एक के बाद एक मेडल जीतकर अपनी खेल प्रतिभा का लोहा मनवाया है। 5000 मीटर की रेस में ब्रॉन्ज मेडल जीतने से पहले, गुलवीर ने 10000 मीटर की रेस में शानदार प्रदर्शन करते हुए सिल्वर मेडल जीता था, जहां उन्होंने 28:29.38 मिनट का समय लिया था।इसके बाद उन्होंने 1500 मीटर की रेस में भी अपने करियर का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन (Personal Best Record) करते हुए सिल्वर मेडल पर कब्जा जमाया था, जिसे उन्होंने 3:36.72 मिनट में पूरा किया था। अब 5000 मीटर में ब्रॉन्ज जीतने के साथ ही वे एक ही एशियन गेम्स में तीन व्यक्तिगत पदक जीतने वाले देश के इकलौते ट्रैक एंड फील्ड एथलीट बन गए हैं।भारत के कुल पदकों की संख्या पहुंची 49 परगुलवीर सिंह की इस ऐतिहासिक सफलता के साथ ही 2026 एशियाई खेलों में भारत के कुल पदकों की संख्या बढ़कर 49 हो गई है। खास बात यह है कि इस इवेंट में मूल रूप से भारत की ओर से किसी अन्य एथलीट के उतरने की योजना थी, लेकिन किसी अपरिहार्य कारण से वे रेस का हिस्सा नहीं बन सके, जिसके बाद गुलवीर सिंह को इस स्पर्धा में मौका मिला। गुलवीर ने मिले हुए इस अवसर को पूरी तरह से भुनाया और अपनी ऐतिहासिक जीत से देश को गौरवान्वित कर दिया।
शादी के 4 महीने बाद 24 साल की IT इंजीनियर ने दी जान, ससुरालवालों पर ये आरोप
पुणे में शादी के चार महीने बाद 24 साल की IT इंजीनियर वैष्णवी गिसरे की मौत हो गई. परिवार ने पति और ससुराल वालों पर 5 लाख रुपये और चार पहिया वाहन के लिए प्रताड़ित करने का आरोप लगाया है. पढ़ें पूरी कहानी.
नीरव मोदी केस में CBI का एक्शन, UAE से वांटेड आरोपी संदीप मिस्त्री को भारत लाया गया
नीरव मोदी के पीएनबी बैंक फ्रॉड केस में वांछित संदीप मिस्त्री को सीबीआई ने विदेश और गृह मंत्रालय की मदद से यूएई से डिपोर्ट करवाकर भारत लाया. उस पर फर्जी कारोबार दिखाने, नकली दस्तावेज बनवाने, नाम मात्र के डायरेक्टरों को धमकाकर दस्तखत कराने और यूएई की फर्जी कंपनियों के खातों से पैसा निकालने के आरोप हैं.
घर नहीं, सालों से डाल रहे वोट, 728 नाम कटने पर क्या बोले बेला एस्टेट के लोग
राहुल गांधी के बेला एस्टेट दौरे ने चुनाव आयोग की SIR प्रक्रिया को लेकर विवाद को फिर से उभारा है. उन्होंने आरोप लगाया कि वोटर लिस्ट से 728 नाम बिना सही जांच के हटाए गए हैं. आजतक की टीम ने बेला स्टेट का दौरा कर लोगों से बात की.
भारत में 22 LPA या 48K यूरो इन जर्मनी! टेक प्रोेफेशनल ने मांगी मदद
नौकरी अच्छी है... पैसे भी अच्छे मिलते हैंलेकिन ऑफिस दूर है... इस तरह की दुविधा आपने भी कभी न कभी जरूर फेस की होगी. हैदराबाद के एक आईटी प्रोफेशनल ने बताया कि भारत में उसे 22 लाख के नौकरी का पैकेज मिला है लेकिन एक ऑफर ने उसे दुविधा में डाल दिया है.
गुटखा तस्कर भागा, कार की छत पर चढ़ा पुलिसवाला, CM ने सम्मानित किया
तमिलनाडु के कोयंबटूर में गुटखा तस्करी रोकने के दौरान हेड कांस्टेबल वेलमुरुगन ने भागती कार की छत पर करीब 40 किलोमीटर तक सफर किया. पुलिस ने अविनाशी के पास कार को रोककर तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया और 231 किलो गुटखा बरामद किया. इस साहसिक कार्रवाई के लिए मुख्यमंत्री ने खुद वेलमुरुगन से मुलाकात कर उनकी सराहना और बधाई दी.
भारतीय शेयर बाजार में मंगलवार के कारोबारी सत्र के दौरान व्यापक स्तर पर सुस्ती और गिरावट का माहौल देखने को मिला। हालांकि, इस कमजोरी के बावजूद टेलीकॉम इंफ्रास्ट्रक्चर क्षेत्र की दिग्गज कंपनी इंडस टावर्स (Indus Towers) के शेयरों में जबरदस्त खरीदारी और तेजी दर्ज की गई। सत्र के शुरुआती दौर में यह स्टॉक कुछ समय के लिए लाल निशान में फिसल गया था, लेकिन पहले घंटे का कारोबार पूरा होने के बाद इसमें लगातार लिवाली लौट आई और सत्र के अंत तक यह अपने दिन के ऊपरी स्तरों के करीब पहुंच गया।बाजार की गिरावट के विपरीत इंडस टावर्स के शेयरों का हरे निशान में बंद होना निवेशकों के लिए राहत भरा रहा। बाजार विश्लेषकों के अनुसार, इंडस टावर्स के शेयरों में आई इस तेजी का सीधा कनेक्शन वोडाफोन आइडिया (Vodafone Idea) के प्रदर्शन में सुधार की उम्मीदों से जुड़ा हुआ है।नोमुरा की रिपोर्ट और वोडाफोन आइडिया के नए फ्री रोमिंग प्लान्सइंडस टावर्स में आई इस तेजी के पीछे वोडाफोन आइडिया को लेकर बने सकारात्मक कारोबारी सेंटीमेंट्स हैं। दिग्गज ब्रोकरेज फर्म 'नोमुरा' (Nomura) ने मंगलवार को अपनी एक ताजा रिसर्च रिपोर्ट जारी की है, जिसमें वोडाफोन आइडिया द्वारा अपने प्रीपेड, पोस्टपेड और एंटरप्राइज प्लान्स के साथ फ्री इंटरनेशनल रोमिंग (Free International Roming) देने के फैसले को एक बेहद रणनीतिक और स्मार्ट कदम बताया गया है।ब्रोकरेज का मानना है कि कंपनी का यह कदम भविष्य में उसके सब्सक्राइबर बेस को रोकने (Subscriber Retention) और नए ग्राहक जोड़ने में मददगार साबित हो सकता है, हालांकि इससे कंपनी के औसत प्रति यूजर राजस्व (ARPU) पर हल्का दबाव पड़ सकता है। पिछले हफ्ते ही वोडाफोन आइडिया ने ₹501 से शुरू होने वाले पोस्टपेड प्लान्स, सालाना अनलिमिटेड डेटा प्रीपेड प्लान्स और कॉर्पोरेट ग्राहकों के लिए ₹451 से शुरू होने वाले प्लान्स में फ्री इंटरनेशनल रोमिंग की सुविधा जोड़ी है। पहली बार किसी टेलीकॉम कंपनी ने बड़े पैमाने पर इसे स्टैंडअर्ड सुविधा के तौर पर शामिल किया है, जिसके चलते मंगलवार को वोडाफोन आइडिया के शेयरों में भी आधे फीसदी से ज्यादा की बढ़त दर्ज की गई।वोडाफोन आइडिया के सब्सक्राइबर बेस में स्थिरता के संकेतवोडाफोन आइडिया के कारोबारी मोर्चे पर पहले के मुकाबले अब सुधार के स्पष्ट संकेत मिलने लगे हैं। कंपनी के सब्सक्राइबर बेस में फरवरी 2026 से लगातार जारी गिरावट का सिलसिला अब थम गया है। हाल ही में अगस्त के महीने में कंपनी ने 5 लाख से अधिक नए नेट मोबाइल सब्सक्राइबर जोड़े हैं, जिससे इसका वायरलेस मार्केट शेयर करीब 15.4% पर बना हुआ है। इन तमाम सकारात्मक संकेतों से निवेशकों का भरोसा कंपनी पर फिर से बढ़ रहा है।इंडस टावर्स को इस सुधार से क्या और कैसे फायदा मिलेगाइंडस टावर्स के कारोबार के लिए वोडाफोन आइडिया एक अहम और दूसरा सबसे बड़ा ग्राहक (Client) है। ऐसे में वोडाफोन आइडिया की वित्तीय और व्यावसायिक स्थिति में सुधार होने का सीधा फायदा इंडस टावर्स को मिलना तय माना जा रहा है। AGR (Adjusted Gross Revenue) से राहत मिलने के बाद वोडाफोन आइडिया द्वारा अपने पूंजीगत खर्च (Capex) और 5G नेटवर्क कवरेज के विस्तार पर अधिक जोर दिए जाने की उम्मीद है।इंडस्ट्री के अनुमानों के मुताबिक, वोडाफोन आइडिया द्वारा की जाने वाली नई टावर टेनेंसी (Tenancy) का लगभग 80% हिस्सा अकेले इंडस टावर्स को मिलने की पूरी संभावना है। वोडाफोन आइडिया के कारोबार में मजबूती आने से इंडस टावर्स के लिए टावर की डिमांड और टेनेंसी में बड़ा उछाल आ सकता है। इसके अलावा, बेहतर होती व्यावसायिक स्थिति के बीच निवेशकों को यह भी उम्मीद है कि इंडस टावर्स अपनी आकर्षक डिविडेंड पॉलिसी (Dividend Policy) को आगे भी जारी रखेगा, जिससे स्टॉक को लेकर बाजार में सकारात्मक माहौल बना हुआ है।
नेपाल में लैंडस्लाइड से मच गया हाहाकार, यूपी और बिहार में जारी अलर्ट
नेपाल में एक बार फिर भारी बारिश और लैंडस्लाइ़ड के चलते हाहाकार मच गया है. नेपाल में लगातार बारिश के बीच बाढ़ और भूस्खलन से हालात बिगड़ गए हैं. अब तक 24 लोगों की मौत हो चुकी है और कई लोग लापता बताए जा रहे हैं. बागलुंग जिले में भूस्खलन से एक घर मलबे में दब गया. हादसे में एक महिला और उसके तीन बेटों की मौत हो गई.
'मैं भारत फिर आऊंगी'.. मनचले को पकड़ने के लिए इजरायल की यूट्यूबर ने राजस्थान पुलिस को कहा Thank You
राजस्थान के अजमेर का एक वीडियो वायरल हो रहा है, जिसमें कुछ युवक एक इजरायली पर्यटक से छेड़छाड़ कर रहे हैं. तीन साल पुराना वीडियो वायरल हुआ तो पुलिस ने कार्रवाई कर मनचलों को गिरफ्तार कर लिया.
राहुल रोज रट रहे 'वोट चोरी' का राग, चिदंबरम ने SIR को दे दी क्लीन चिट? बोले- मुझे नहीं लगता...
मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) प्रक्रिया को लेकर चल रहे विवाद के बीच उन्होंने कहा कि अगर मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार इस्तीफा नहीं देते हैं तो उनके खिलाफ बड़ी लड़ाई छेड़ी जाएगी।
BPSC को पॉलिटेक्निक संस्थानों में विभागाध्यक्ष के 218 पदों पर नहीं मिला एक भी आवेदन
बिहार लोक सेवा आयोग (बीपीएससी) ने मंगलवार को कहा कि राज्य के विज्ञान, प्रौद्योगिकी और तकनीकी शिक्षा विभाग में 218 पदों पर भर्ती के लिए पिछले साल जारी विज्ञापनों के जवाब में उसे “एक भी आवेदन” नहीं मिला। बीपीएससी ने एक बयान में कहा कि विज्ञान, प्रौद्योगिकी एवं तकनीकी शिक्षा विभाग के तहत विभिन्न राजकीय पॉलिटेक्निक संस्थानों में विभागाध्यक्ष सहित संकाय सदस्यों की नियुक्ति के लिए विज्ञापन जारी किए गए थे, लेकिन इनके जवाब में एक भी आवेदन प्राप्त नहीं हुआ। बिहार में सरकारी नौकरियों के लिए बड़ी संख्या में अभ्यर्थियों के आवेदन करने की स्थिति के बीच यह घटनाक्रम बीपीएससी के लिए असामान्य है। राज्य की आबादी का घनत्व देश में सबसे अधिक है और सरकारी नौकरियों के प्रति युवाओं में काफी रुचि रहती है। आयोग ने कहा कि उसने इन नौ विज्ञापनों से संबंधित मांग-पत्र विज्ञान, प्रौद्योगिकी एवं तकनीकी शिक्षा विभाग को वापस भेज दिए हैं। बीपीएससी ने मंगलवार को जारी एक ‘‘महत्वपूर्ण सूचना’’ में कहा, ‘‘बीपीएससी ने विज्ञान, प्रौद्योगिकी एवं तकनीकी शिक्षा विभाग के तहत राजकीय पॉलिटेक्निक और राजकीय महिला पॉलिटेक्निक संस्थानों में विभिन्न विभागों/विषयों में विभागाध्यक्ष के कुल 218 रिक्त पदों पर नियमित नियुक्ति के लिए 26 अगस्त 2025 को विज्ञापन संख्या 91/2025 से 107/2025 तक जारी किए थे।”उसने बताया कि इनमें से नौ विज्ञापनों—96/2025, 97/2025, 98/2025, 99/2025, 101/2025, 102/2025, 103/2025, 104/2025 और 107/2025—के तहत कोई आवेदन प्राप्त नहीं हुआ। आयोग ने बताया कि इसके बाद इन विज्ञापनों के लिए फिर से ऑनलाइन आवेदन आमंत्रित किए गए, लेकिन इस बार भी कोई आवेदन नहीं मिला। बीपीएससी ने कहा कि इन विज्ञापनों के संबंध में आयोग के स्तर पर आगे कोई कार्रवाई अपेक्षित नहीं थी, इसलिए संबंधित मांग-पत्र विज्ञान, प्रौद्योगिकी एवं तकनीकी शिक्षा विभाग को वापस भेज दिए गए हैं। बीपीएससी ने 16 विषयों में विभागाध्यक्ष के 218 पद के लिए आवेदन मांगे थे। इनमें मैकेनिकल इंजीनियरिंग के 33, कंप्यूटर साइंस एवं इंजीनियरिंग के 43, इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग के 42, सिविल इंजीनियरिंग के 45, इलेक्ट्रॉनिक्स इंजीनियरिंग के 39, टेक्सटाइल इंजीनियरिंग के तीन, अग्नि प्रौद्योगिकी एवं सुरक्षा के दो और ऑटोमोबाइल इंजीनियरिंग के दो पद शामिल थे। इसके अलावा, प्रिंटिंग प्रौद्योगिकी, खान इंजीनियरिंग, फैशन एवं कपड़ा प्रौद्योगिकी, केमिकल इंजीनियरिंग, सिरेमिक्स इंजीनियरिंग, सिविल (ग्रामीण) इंजीनियरिंग, खाद्य प्रसंस्करण एवं संरक्षण तथा कृषि इंजीनियरिंग के एक-एक पद के लिए आवेदन आमंत्रित किए गए थे। विज्ञान, प्रौद्योगिकी एवं तकनीकी शिक्षा विभाग के अपर सचिव अहमद महमूद ने ‘पीटीआई-भाषा’ से कहा, ‘‘हां, विभाग को इस संबंध में बीपीएससी से सूचना मिली है। हम इसकी जांच करेंगे और उसके बाद आगे की कार्रवाई के बारे में निर्णय लेंगे।
चीन के रेगिस्तान में गुलाबी झील, साल भर बदलता है कलर
जहां दूर-दूर तक सिर्फ रेत दिखाई देती है, वहीं एक झील का पानी सालभर रंग बदलता रहता है. चीन की दागेतु झील कभी गुलाबी तो कभी गहरे लाल रंग में नजर आती है. इसके पीछे झील की खास केमिस्ट्री जिम्मेदार है.
सीएम डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व में मध्य प्रदेश कैबिनेट ने शिक्षा, स्वास्थ्य, सड़क, सिंचाई, आवास और अग्निवीर आरक्षण के
अखिलेश यादव ने कांग्रेस से क्यों कहा- प्रत्याशी का नाम बताइए, सीट ले जाइए
उत्तर प्रदेश में 2027 के चुनाव से पहले सपा और कांग्रेस के बीच सीट शेयरिंग को लेकर सियासी जंग छिड़ गई है. अखिलेश यादव ने कांग्रेस के सामने शर्त रखते हुए साफ कर दिया है कि केवल मांगों से नहीं, बल्कि 'विनिंग कैंडिडेट' और उम्मीदवारों के ठोस नाम देने पर ही सीटें दी जाएंगी.
Meerut में मस्जिद के बाहर हनुमान चालीसा पाठ के ऐलान से पुलिस अलर्ट, केसरगंज में बढ़ाई गई सुरक्षा
उत्तर प्रदेश के मेरठ में केसरगंज मंडी स्थित एक मस्जिद के पास मंगलवार को हनुमान चालीसा का पाठ किए जाने के ऐलान के बाद पुलिस ने सुरक्षा बढ़ा दी है। सोशल मीडिया पर सामने आए एक वीडियो में हिन्दू संगठन की नेता पिंकी चौधरी ने मस्जिद के पास हनुमान चालीसा ...
पूर्व आईएएस अधिकारी दिव्या मित्तल ने आज सक्रिय राजनीति में उतरने का ऐलान कर उत्तर प्रदेश की सियासत में नई चर्चा छेड़ दी है। मित्तल ने साफ किया कि वह किसी स्थापित राजनीतिक दल के सहारे नहीं, बल्कि स्वतंत्र मंच के जरिए जनता के बीच जाने की तैयारी कर रही हैं। उन्होंने उत्तर प्रदेश को अपनी कर्मभूमि बताते हुए कहा कि उनकी राजनीतिक यात्रा की शुरुआत इसी प्रदेश से होगी। एक वीडियो संदेश में दिव्या मित्तल ने बताया कि प्रशासनिक सेवा के दौरान जनता के बीच काम करते हुए उन्हें कई ऐसी हकीकतों का सामना करना पड़ा, जिसने उन्हें राजनीति में आने के लिए प्रेरित किया। उनका कहना था कि सरकारी मंजूरी, धन और नियम-कायदे मौजूद होने के बावजूद आम लोगों की अनेक समस्याएं वर्षों तक जस की तस पड़ी रहती हैं। उन्होंने कहा कि कई लोगों की आवाज सरकार तक पहुंच ही नहीं पाती और जिनकी आवाज पहुंचती भी है, उनकी शिकायतों पर अपेक्षित कार्रवाई नहीं हो पाती। मित्तल ने एक दूरदराज के गांव का उदाहरण देते हुए बताया कि वहां के ग्रामीण पांचवीं कक्षा के आगे की पढ़ाई के लिए विद्यालय की मांग कर रहे थे। उन्होंने अपने कार्यकाल में इस प्रस्ताव को मंजूरी दी थी, लेकिन वर्षों गुजर जाने के बाद भी विद्यालय का निर्माण शुरू नहीं हो सका। मित्तल के अनुसार, इस मामले में धन या नियमों की अड़चन नहीं थी, बल्कि इरादे की कमी सबसे बड़ी बाधा थी। उन्होंने एक भूमिहीन लाभार्थी का मामला भी सामने रखा, जिसे सरकारी दस्तावेजों में जमीन का आवंटन तो हो चुका था, लेकिन उसे जमीन पर वास्तविक कब्जा नहीं मिल पाया। मित्तल ने दावा किया कि जांच में रिपोर्टों में अनियमितताएं सामने आईं और सुधारात्मक कार्रवाई भी की गई, लेकिन इसके बावजूद मामला आगे नहीं बढ़ सका। उन्होंने ऐसे मामलों में कथित तौर पर ऊपरी स्तर के हस्तक्षेप पर सवाल उठाते हुए कहा कि जब किसी व्यक्ति को कानून और सरकारी व्यवस्था के तहत राहत मिलनी तय हो, तब भी उसे अपने अधिकार के लिए भटकना पड़े तो व्यवस्था पर सवाल उठना स्वाभाविक है। इसे भी पढ़ें: UP MLC Election: BJP ने 6 सीटों पर उतारे उम्मीदवार, वाराणसी से केदारनाथ सिंह प्रत्याशी राजनीति में आने के पीछे अपनी प्राथमिकताओं को स्पष्ट करते हुए मित्तल ने ग्रामीण क्षेत्रों की बदहाल आधारभूत सुविधाओं, असुरक्षित सड़कों, परीक्षा प्रश्नपत्र लीक होने की घटनाओं और कृत्रिम बुद्धिमत्ता के दौर में रोजगार की चुनौतियों को प्रमुख मुद्दा बताया। उनका कहना है कि इन विषयों पर केवल राजनीतिक बयानबाजी नहीं, बल्कि गंभीर सार्वजनिक बहस और दीर्घकालिक नीति की जरूरत है। दिव्या मित्तल ने कहा कि वह ऐसी राजनीति करना चाहती हैं जिसमें इरादा, न्याय, संवेदनशीलता और दूरगामी सोच केंद्र में हो। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि उनका उद्देश्य केवल मौजूदा नेताओं को हटाकर नए चेहरों को स्थापित करना नहीं है, बल्कि राजनीति के काम करने के तरीके में बदलाव लाना है। किसी राजनीतिक दल में शामिल होने की अटकलों को खारिज करते हुए मित्तल ने कहा कि वह सीधे जनता के साथ काम करेंगी और अपना स्वतंत्र राजनीतिक मंच तैयार करेंगी। उन्होंने आरोप लगाया कि उनके इस्तीफे के बाद उनके राजनीतिक भविष्य को लेकर तरह-तरह की अफवाहें फैलाई गईं, जिनका उद्देश्य नए लोगों को सार्वजनिक जीवन में आने से हतोत्साहित करना था। मित्तल ने शिक्षकों, किसानों, विद्यार्थियों, चिकित्सकों, मजदूरों और वकीलों समेत समाज के अलग-अलग वर्गों से उनके अभियान से जुड़ने की अपील की। उनका कहना है कि सार्थक राजनीतिक बदलाव केवल किसी एक व्यक्ति के प्रयास से नहीं, बल्कि जनता की व्यापक भागीदारी से संभव है।
सुप्रीम कोर्ट का बंगाल SIR मामले पर तत्काल सुनवाई से इनकार, 6 अक्टूबर को होने हैं उपचुनाव
चुनाव आयोग के हलफनामे के अनुसार, नंदीग्राम में 6,643 अपीलों में से 89 और रेजीनगर में 12,452 अपीलों में से केवल 4 मतदाताओं के नाम अब तक सूची में बहाल हुए हैं. कांग्रेस ने इसके लिए चुनाव आयोग को जिम्मेदार ठहराते हुए कहा कि बड़ी संख्या में वैध मतदाता प्रभावित हुए हैं.
Lava का सस्ता 5G फोन लॉन्च, 6000mAh बैटरी, 50MP कैमरा
स्वदेशी स्मार्टफोन मेकर लावा ने भारत में एक नया बजट स्मार्टफोन लॉन्च किया है. कंपनी ने इस फोन में बड़ी बैटरी, हाई स्पीड रिफ्रेश रेट वाली स्क्रीन के साथ 5G सपोर्ट भी दिया है.
'पूरा वंदे मातरम् गाओ...', बांसुरी स्वराज के वीडियो पर ऋतिक का रिएक्शन वायरल
बीजेपी सांसद बांसुरी स्वराज का अगस्त का बयान ऋतिक रोशन की प्रतिक्रिया के बाद फिर वायरल हुआ है. राहुल गांधी ने पुणे में महिलाओं से पितृसत्ता को तोड़ने की अपील की थी और मनुस्मृति वाली सोच की आलोचना की थी. जवाब में स्वराज ने उन्हें पूरा वंदे मातरम् गाने की चुनौती दी और इसे कांग्रेस के सिर्फ दो छंद गाने के फैसले से जोड़ा. उन्होंने दोनों के बीच का संबंध साफ नहीं किया. रुचिरा चतुर्वेदी ने वीडियो शेयर कर सवाल उठाया. ऋतिक के कमेंट को 10 हजार से ज्यादा लाइक मिले और लोगों ने मजेदार प्रतिक्रियाएं दीं.
'हार्ट अटैक से भी 10 गुना खतरनाक' क्या है कार्डियोजेनिक शॉक, जिसमें संभलने का मौका तक नहीं मिलता
एक सामान्य हार्ट अटैक (Heart Attack) के मामले में आमतौर पर मरीज को अस्पताल पहुंचने और इलाज शुरू करने के लिए कुछ समय या 'गोल्डन ऑवर' मिल जाता है, लेकिन क्या आप जानते हैं कि दिल से जुड़ी एक ऐसी चिकित्सीय आपात स्थिति (Medical Emergency) भी है, जो इंसान को संभलने या सोचने का मौका तक नहीं देती? जी हां, यह एक ऐसा घातक मेडिकल संकट है, जिसमें हमारा दिल शरीर की बुनियादी और तात्कालिक जरूरतों के हिसाब से खून (Blood) पंप करना अचानक से बिल्कुल बंद कर देता है। चिकित्सा जगत में इसे 'कार्डियोजेनिक शॉक' (Cardiogenic Shock) के नाम से जाना जाता है, जो कई मामलों में सामान्य हार्ट अटैक की तुलना में भी कहीं अधिक खतरनाक और जानलेवा साबित होता है।शरीर के अंदर आखिर क्या होती है भयंकर गड़बड़आमतौर पर कार्डियोजेनिक शॉक किसी गंभीर हार्ट अटैक का ही सबसे डरावना और अंतिम रूप होता है। जब किसी व्यक्ति को बड़ा दिल का दौरा पड़ता है, तो दिल की मांसपेशियां (Heart Muscles) बुरी तरह क्षतिग्रस्त (Damage) हो जाती हैं, जिसके कारण वे धमनियों में खून को सही तरीके से आगे धकेलने में असमर्थ हो जाती हैं। इसका सीधा परिणाम यह होता है कि शरीर का ब्लड प्रेशर (Blood Pressure) अचानक धड़ाम से नीचे गिर जाता है।जब शरीर के महत्वपूर्ण अंगों (जैसे मस्तिष्क, किडनी और लिवर) को पर्याप्त मात्रा में ऑक्सीजन और रक्त की आपूर्ति नहीं मिल पाती, तो वे एक-एक करके काम करना बंद करने लगते हैं (Multiple Organ Failure)। केवल हार्ट अटैक ही नहीं, बल्कि हार्ट वाल्व से जुड़ी गंभीर बीमारियां, दिल की मांसपेशियों में सूजन (Myocarditis) या पहले से गंभीर रूप से चले आ रहे हार्ट फेलियर (Heart Failure) के मरीज भी इस जानलेवा स्थिति की चपेट में आ सकते हैं।धोखा न खाएं, शरीर के इन शुरुआती संकेतों को तुरंत पहचानेंअक्सर लोग कार्डियोजेनिक शॉक के शुरुआती लक्षणों को महज सामान्य शारीरिक थकान, एसिडिटी या कोई मामूली कमजोरी समझकर नजरअंदाज कर देते हैं और घर पर ही आराम करने की भूल करते हैं। इस बीमारी के मामले में 'थोड़ी देर इंतजार करके देखते हैं' वाली सोच मरीज के लिए घातक साबित हो सकती है। यदि आपको या आपके किसी करीबी में नीचे दिए गए लक्षण दिखाई दें, तो बिना एक पल गंवाए तुरंत सतर्क हो जाएं:सीने में एकदम से तेज, असहनीय दर्द उठना या बहुत भारी दबाव महसूस होना।नब्ज (Pulse) का पूरी तरह असंतुलित होना—या तो बहुत तेज चलना या एकदम कमजोर पड़कर बैठ जाना।बैठे-बैठे अचानक ठंडे पसीने छूटना और त्वचा का ठंडा या चिपचिपा पड़ जाना।दिमाग का सुन्न होना, अत्यधिक घबराहट होना या कुछ भी समझ न आना।सांस का अचानक उखड़ जाना या सांस लेने में भारी तकलीफ महसूस होना।अचानक भारी सुस्ती छा जाना या बेहोश होकर जमीन पर गिर पड़ना।'गोल्डन विंडो' और त्वरित इलाज की सबसे ज्यादा अहमियतजब बात कार्डियोजेनिक शॉक की आती है, तो डॉक्टर 'गोल्डन विंडो' (Golden Window) यानी शुरुआती कुछ कीमती मिनटों को सबसे ज्यादा महत्वपूर्ण मानते हैं। यह वह शुरुआती समय होता है जिसमें यदि मरीज को उचित अस्पताल मिल जाए, तो स्थिति को बिगड़ने से रोका जा सकता है। शरीर में जितनी देर रक्त का संचार रुका रहेगा, अंगों के डैमेज होने और मरीज की जान जाने का खतरा उतना ही अधिक बढ़ जाएगा।ऐसे आपातकालीन मामलों में मरीज की जान बचाने के लिए तुरंत ईसीजी (ECG) और इकोकार्डियोग्राफी (Echocardiography) जैसी जांचें की जाती हैं। इसके बाद बिना पल गंवाए दिल को ताकत देने वाली दवाइयां, जीवन रक्षक मशीनें (जैसे वेंटिलेटर या आईएबीपी), या फिर बंद नसों को तुरंत खोलने के लिए इमरजेंसी एंजियोप्लास्टी (Angioplasty) की जाती है। इस पूरी प्रक्रिया में अस्पताल की कैथ लैब और चौबीसों घंटे मुस्तैद डॉक्टरों की टीम की तत्परता ही जिंदगी और मौत के बीच का फैसला तय करती है।आधुनिक जीवनशैली और युवाओं में बढ़ता खतराआज के समय में देश में खराब होती लाइफस्टाइल, तनाव, खान-पान की गड़बड़ी और धूम्रपान के चलते दिल की बीमारियां तेजी से पांव पसार रही हैं। सबसे चिंताजनक बात यह है कि अब कम उम्र के युवा भी कार्डियोजेनिक शॉक जैसी गंभीर और घातक स्थितियों का तेजी से शिकार हो रहे हैं।यही कारण है कि हर आम नागरिक को दिल से जुड़ी इन आपातकालीन स्थितियों और उनके लक्षणों की बुनियादी जानकारी होनी चाहिए। जिन परिवारों में पहले से हार्ट के मरीज मौजूद हैं, उन्हें हमेशा सतर्क रहना चाहिए। किसी भी इमरजेंसी की स्थिति में मरीज को तुरंत एक ऐसे बड़े और उन्नत अस्पताल में ले जाएं, जहां 24 घंटे एडवांस कार्डियक सुविधाएं (Advanced Cardiac Facilities) उपलब्ध हों। याद रखें, दिल के इस संकट में इंसान की जिंदगी घंटों से नहीं, बल्कि चंद मिनटों से तय होती है। आपकी थोड़ी-सी जागरूकता और तुरंत लिया गया फैसला किसी अपने की बहुमूल्य जान बचा सकता है।
37 की उम्र में क्यों खौफनाक हुआ विराट का बल्ला? 100 शतक तो बस बहाना है!
वेस्टइंडीज के खिलाफ 88 गेंदों में नाबाद 139 रन और 9 छक्कों की विराट कोहली की पारी ने उनके बदले हुए बल्लेबाजी अंदाज की कहानी फिर सामने रख दी. टेस्ट क्रिकेट से विदाई के बाद विराट अब वनडे में शुरुआत से ही ज्यादा आक्रामक नजर आ रहे हैं.
भागदौड़ भरी आधुनिक जीवनशैली और गलत खान-पान के बीच डायबिटीज (मधुमेह) आज एक बेहद आम स्वास्थ्य समस्या बन चुकी है। शरीर में ब्लड ग्लूकोज का स्तर किस तरह मैनेज होता है, यह काफी हद तक हमारी रोजमर्रा की आदतों, खान-पान और शारीरिक गतिविधियों पर निर्भर करता है। देश के जाने-माने एंडोक्राइनोलॉजिस्ट डॉ. अंबरीश मित्थल (चेयरमैन, एंडोक्राइनोलॉजी एंड डायबिटीज, मैक्स हेल्थकेयर, दिल्ली) के अनुसार, केवल ब्लड शुगर को कम करना ही पर्याप्त नहीं है, बल्कि उसे एक निश्चित और सुरक्षित सीमा के भीतर नियंत्रित बनाए रखना सबसे अधिक महत्वपूर्ण है।ब्लड शुगर का स्तर बहुत अधिक बढ़ जाना यानी 'हाइपरग्लाइसीमिया' (Hyperglycemia) या फिर बहुत अधिक कम हो जाना यानी 'हाइपोग्लाइसीमिया' (Hypoglycemia), दोनों ही स्थितियां डायबिटीज के मरीजों के लिए बेहद खतरनाक और जानलेवा साबित हो सकती हैं। आमतौर पर जब किसी व्यक्ति का ब्लड शुगर स्तर 70 mg/dL या उससे नीचे चला जाता है, तो उसे हाइपोग्लाइसीमिया की स्थिति कहा जाता है। इसके पीछे कई मुख्य कारण हो सकते हैं, जैसे जरूरत से ज्यादा इंसुलिन की खुराक ले लेना, दो भोजन के बीच बहुत लंबा अंतराल होना, या फिर सामान्य से अधिक कठिन व्यायाम कर लेना।अचानक शुगर घटने पर अपनाएं '15-15 का अचूक नियम'यदि किसी डायबिटीज के मरीज को अचानक घबराहट, अत्यधिक बेचैनी, ठंडा पसीना आना या शरीर में कंपकंपी महसूस हो और जांच करने पर ब्लड शुगर 70 mg/dL से कम मिले, तो तुरंत सतर्क हो जाना चाहिए। ऐसी आपातकालीन स्थिति से निपटने के लिए डॉक्टरों द्वारा '15-15 का नियम' (Rule of 15-15) अपनाने की सलाह दी जाती है:पहला कदम (15 ग्राम कार्ब्स): शुगर लेवल कम होने पर तुरंत 15 ग्राम तेजी से पचने वाले कार्बोहाइड्रेट का सेवन करें। इसके लिए आप 100 से 150 मिलीलीटर कोई नियमित मीठा पेय (जूस या शुगर सिरप) या ग्लूकोज की गोली ले सकते हैं।दूसरा कदम (15 मिनट इंतजार): कार्बोहाइड्रेट लेने के बाद ठीक 15 मिनट तक शांत बैठें और दोबारा अपने ब्लड शुगर की जांच करें।तीसरा कदम: यदि 15 मिनट बाद भी आपका शुगर लेवल 70 mg/dL से कम बना हुआ है, तो 15 ग्राम कार्बोहाइड्रेट की एक खुराक फिर से लें। यह प्रक्रिया तब तक दोहराएं जब तक शुगर सामान्य स्तर पर न आ जाए।इसके अलावा, यदि आप व्यायाम (Exercise) करने जा रहे हैं और उससे पहले आपका शुगर स्तर कम है, तो वर्कआउट से पहले एक छोटा फल या एक कप दूध जैसी हल्की चीज जरूर ले लें। व्यायाम के तुरंत बाद भोजन करने से बचें, खासकर वे लोग जो इंसुलिन लेते हैं।ब्लड शुगर बढ़ने पर क्या करें और इसके क्या हैं प्रमुख लक्षणकई बार दवा या इंसुलिन की निर्धारित खुराक समय पर न लेने, अधिक मात्रा में कार्बोहाइड्रेट का सेवन करने, अत्यधिक मानसिक तनाव में रहने या पर्याप्त नींद न मिलने के कारण ब्लड शुगर अचानक बहुत ज्यादा बढ़ जाता है। यदि आपका ब्लड शुगर स्तर 250 mg/dL या उससे अधिक पहुंच जाए और साथ ही बहुत ज्यादा प्यास लगना, बार-बार पेशाब आना, उल्टी होना, सांस लेने में तकलीफ या अत्यधिक कमजोरी जैसे लक्षण महसूस हों, तो बिना देर किए तुरंत अपने डॉक्टर से संपर्क करना चाहिए। डॉक्टर की सलाह के अनुसार ही अपनी दवाइयों या इंसुलिन की मात्रा में बदलाव करना सुरक्षित होता है।इस स्थिति से बचने के लिए अपने दैनिक आहार में अधिक मात्रा में फाइबर और पर्याप्त प्रोटीन वाले खाद्य पदार्थों को शामिल करें। तनाव और खराब जीवनशैली को सुधारकर भी शुगर के स्तर को नियंत्रित रखा जा सकता है।डायबिटीज को मैनेज करने के लिए किन बातों का रखें खास ख्यालडायबिटीज को प्रभावी ढंग से नियंत्रित करने के लिए केवल दवाइयां खा लेना ही काफी नहीं है, बल्कि इसके लिए एक अनुशासनबद्ध दिनचर्या की आवश्यकता होती है। नीचे दिए गए बिंदुओं पर विशेष ध्यान दें:खान-पान में सतर्कता: भोजन की मात्रा, गुणवत्ता और दो मील्स के बीच का अंतराल आपके ब्लड ग्लूकोज को सीधा प्रभावित करता है। रिफाइंड कार्बोहाइड्रेट से बचें और साबुत अनाज, कांप्लेक्स कार्बोहाइड्रेट, फाइबर और हेल्दी फैट्स को अपने भोजन का हिस्सा बनाएं।दवाइयों और इंसुलिन का सही इस्तेमाल: बिना ब्लड शुगर की रीडिंग देखे खुद से इंसुलिन की डोज में बदलाव न करें। इंसुलिन लगाने की सही तकनीक, उसकी सही स्टोरेज और इंजेक्शन की जगह बदलते रहना बेहद जरूरी है।तनाव और नींद का प्रबंधन: अत्यधिक मानसिक तनाव के कारण शरीर में कोर्टिसोल और एड्रेनालिन जैसे हॉर्मोन बढ़ते हैं, जो ब्लड शुगर को अचानक बढ़ा सकते हैं। इसके अलावा, रोजाना 7-8 घंटे की पर्याप्त और गुणवत्तापूर्ण नींद लेना भी डायबिटीज मैनेजमेंट का एक अहम हिस्सा है।नियमित ब्लड शुगर मॉनिटरिंग: केवल एक-दो बार रीडिंग देखने के बजाय अपने पूरे दिन के पैटर्न को समझें। यह देखें कि किस समय शुगर बढ़ती है और किस गतिविधि का उस पर क्या असर पड़ता है। नियमित निगरानी आपको सही समय पर सही कदम उठाने का अवसर देती है।
कतील शिफाई के बोल और अनु मलिक के म्यूजिक ने इस गाने में वो जादू क्रिएट किया कि आज 33 साल बाद भी कुमार सानू और अल्का याग्निक की आवाज में ये गाना यंगस्टर्स की पसंद है.
रौंगटे खड़े कर देगा VIDEO...! सांड से हुई टक्कर में Land Rover के उड़े परखच्चे
Land Rover Discovery Bull Accident: इस हादसे का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है. मौके से सामने आई तस्वीरों में SUV की हालत इतनी खराब दिखाई दे रही है कि उसे पहचानना तक मुश्किल हो गया. ये हादसा इतना भीषण था कि, दो लोगों की मोके पर ही मौत हो गई.
आर्थिक तंगी से पाना है छुटकारा: लाल किताब का यह अचूक उपाय तिजोरी में रख देगा पैसों का अंबार
मानव जीवन में कड़ी मेहनत के बावजूद कई बार लोगों को अप्रत्याशित वित्तीय संकट, आर्थिक तंगी और लगातार धन हानि का सामना करना पड़ता है। ज्योतिष शास्त्र और लाल किताब के जानकारों के अनुसार, घर में मौजूद कुछ नकारात्मक ऊर्जा या वास्तु दोषों के कारण व्यक्ति की आर्थिक स्थिति अर्श से फर्श पर आ सकती है। यदि आपके पास भी पैसा टिकता नहीं है और लाख कोशिशों के बाद भी फिजूलखर्ची पर लगाम नहीं लग पा रही है, तो लाल किताब में बताए गए कुछ बेहद सरल और अचूक उपाय आपकी इन सभी समस्याओं का स्थाई समाधान कर सकते हैं।लाल किताब के ये आजमाए हुए उपाय न केवल धन को आकर्षित करते हैं, बल्कि घर की तिजोरी में बरकत बनाए रखने में भी अत्यंत सहायक साबित होते हैं। यदि आप भी अपनी तिजोरी या पैसों के स्थान पर धन का स्थायी वास चाहते हैं, तो यह छोटा सा उपाय आपके लिए बेहद चमत्कारिक साबित हो सकता है।लाल किताब का अचूक उपाय: तिजोरी में ऐसे रखें चांदी का टुकड़ायदि आपके घर में भी धन टिकता नहीं है और बेवजह के खर्चों की वजह से हमेशा आर्थिक तनाव बना रहता है, तो लाल किताब में बताए गए इस उपाय को अवश्य आजमाएं। इसके लिए आपको एक छोटा, चौकोर और बिना जोड़ का चांदी का टुकड़ा लेना होगा। इस चांदी के टुकड़े को कुछ देर के लिए शुद्ध शहद (Honey) में अच्छी तरह डुबोकर रख दें।शहद से निकालने के बाद इस चांदी के टुकड़े को एक साफ लाल रंग के कपड़े में लपेटकर अपनी घर की तिजोरी या पैसों रखने की अलमारी के भीतर सुरक्षित रख दें। तिजोरी में इसे इस प्रकार रखें कि सामान्य रूप से आते-जाते समय इस पर किसी बाहरी व्यक्ति की नजर बार-बार न पड़े। लाल किताब के अनुसार, यह उपाय न केवल आपकी तिजोरी में धन को आकर्षित करता है, बल्कि बिना वजह होने वाले खर्चों पर भी प्रभावी रोक लगाता है। इस एक अचूक उपाय से धीरे-धीरे आपकी आर्थिक स्थिति मजबूत होने लगती है और धन की बचत होने लगती है।किस दिन और किस समय करना चाहिए यह उपायकिसी भी धार्मिक या ज्योतिषीय उपाय का पूर्ण फल तभी प्राप्त होता है जब उसे सही नियम और उचित समय पर किया जाए। लाल किताब के इस उपाय को आप यूं तो किसी भी शुभ दिन में कर सकते हैं, लेकिन यदि इसे शुक्रवार के दिन किया जाए तो इसके परिणाम कई गुना अधिक प्रभावशाली होते हैं। शुक्रवार का दिन माता लक्ष्मी को समर्पित माना जाता है, इसलिए धन, वैभव और समृद्धि से जुड़ा कोई भी उपाय इसी दिन करना सबसे श्रेष्ठ माना जाता है।इसके साथ ही समय का ध्यान रखना भी बहुत जरूरी है। यह उपाय हमेशा सुबह सूर्योदय के बाद और सूर्यास्त से पहले ही किया जाना चाहिए। ज्योतिषीय मान्यताओं के अनुसार, रात के समय या सूर्यास्त के बाद धन से जुड़े इस तरह के उपाय करने से बचना चाहिए, क्योंकि रात्रि काल में नकारात्मक ऊर्जाएं अधिक सक्रिय होती हैं, जिससे उपायों का पूर्ण और सकारात्मक फल प्राप्त नहीं हो पाता है।पर्स में रखें चांदी का यह टुकड़ायदि आप घर की बड़ी तिजोरी में इस उपाय को नहीं कर पा रहे हैं, तो आप अपनी सुविधा के अनुसार इस उपाय को अपने दैनिक उपयोग वाले पर्स (Wallet) में भी आजमा सकते हैं। इसके लिए चांदी का एक छोटा सा समतल और चौकोर टुकड़ा लेकर अपने पर्स के गुप्त खाने में रख लें। ध्यान रहे कि वह टुकड़ा पूरी तरह साफ और सपाट होना चाहिए। पर्स या धन रखने के अन्य स्थानों पर चांदी का यह टुकड़ा रखने से माता लक्ष्मी की कृपा बनी रहती है और जातक को कभी भी अचानक धन के संकट का सामना नहीं करना पड़ता।
आंध्र प्रदेश: कसाई शफी ने कल्याणी का गला रेता, शव के 9 टुकड़े कर नहर में फेंका
पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए मुख्य आरोपी कसाई और उसकी दुकान पर काम करने वाले उसके सहयोगी को हिरासत में ले लिया है।
Home Buying Sentiment Survey 2026 के मुताबिक 50% संभावित खरीदार अगले दो साल में घर खरीदना चाहते हैं. जानिए बजट, EMI, Job Security और 2-3 BHK को लेकर खरीदारों की पसंद और चुनौतियां. इसमें डेवलपर्स के लिए संदेश भी छिपा है.
308 से 260 पहियों पर आया 'महाबली' ट्रक! 3 एक्स्ट्रा इंजन और...
लखीमपुर खीरी की बलरामपुर शुगर मिल में देश के पहले बायोपॉलीमर प्लांट के लिए बेल्जियम से 'सायक्लाजेसन रिएक्टर' लाया जा रहा है. जे.एम. बक्शी कंपनी के 62 कर्मचारियों की टीम और 3 एक्स्ट्रा इंजनों की मदद से 260 पहियों वाला यह महाबली ट्रक वाराणसी पहुंच चुका है. गाजीपुर, गोरखपुर और बस्ती होकर यह 2-3 हफ्तों में लखीमपुर पहुंचेगा.
सनातन हिंदू धर्म में एकादशी की तिथि को अत्यंत पवित्र और भगवान विष्णु को समर्पित माना गया है। यह तिथि केवल उपवास का दिन नहीं है, बल्कि जगत के पालनहार श्री हरि का स्मरण कर उनकी विशेष कृपा प्राप्त करने का उत्तम अवसर होती है। साल में आने वाली सभी 24 एकादशियों में से 'इंदिरा एकादशी' का अपना एक विशिष्ट और अद्वितीय धार्मिक महत्व है। वैदिक पंचांग के अनुसार, प्रत्येक वर्ष आश्विन मास के कृष्ण पक्ष की एकादशी तिथि को 'इंदिरा एकादशी' (Indira Ekadashi 2026) के रूप में मनाया जाता है।इस वर्ष इंदिरा एकादशी का यह पावन व्रत पितृ पक्ष (श्राद्ध पक्ष) के बीच पड़ रहा है, जिसके कारण इसका धार्मिक और आध्यात्मिक महत्व कई गुना अधिक बढ़ गया है। पितृ पक्ष के दिनों में विष्णु आराधना और पितृ तर्पण का यह दुर्लभ संयोग पूर्वजों को मोक्ष दिलाने वाला माना जाता है। आइए जानते हैं कि इस साल इंदिरा एकादशी की सही तिथि क्या है, यह व्रत कौन-कौन रख सकता है और क्या बेटियां अपने पितरों की शांति के लिए इस व्रत का पालन कर सकती हैं।इंदिरा एकादशी 2026 की सही तिथि और शुभ मुहूर्तवैदिक पंचांग की गणना के अनुसार, इस वर्ष आश्विन कृष्ण पक्ष की एकादशी तिथि का आरंभ 6 अक्टूबर 2026, मंगलवार को तड़के 2 बजकर 7 मिनट पर होगा। वहीं, इस तिथि का समापन 7 अक्टूबर 2026, बुधवार को रात्रि 12 बजकर 34 मिनट पर होगा। उदया तिथि की मान्यता के अनुसार, इस वर्ष इंदिरा एकादशी का व्रत 6 अक्टूबर 2026, मंगलवार के दिन ही रखा जाएगा। व्रत का पारण द्वादशी तिथि के दिन सूर्योदय के पश्चात नियमों के अनुसार किया जाएगा।इंदिरा एकादशी का व्रत कौन-कौन रख सकता हैहिंदू धर्म शास्त्रों के अनुसार, एकादशी का व्रत किसी भी आयु, लिंग या वैवाहिक स्थिति के व्यक्ति द्वारा रखा जा सकता है। इसमें किसी प्रकार का कोई प्रतिबंध नहीं है। परिवार के विवाहित पुरुष और महिलाएं तो इस व्रत का पालन करती ही हैं, साथ ही अविवाहित लड़के और लड़कियां भी श्रद्धापूर्वक इंदिरा एकादशी का व्रत रख सकते हैं। हालांकि, स्वास्थ्य संबंधी कारणों को ध्यान में रखते हुए गर्भवती महिलाओं, अतिवृद्ध बुजुर्गों और गंभीर रूप से बीमार व्यक्तियों को इस उपवास से विशेष छूट दी जाती है।क्या बेटियां अपने पितरों के लिए रख सकती हैं इंदिरा एकादशी का व्रतअक्सर लोगों के मन में यह सवाल रहता है कि क्या घर की बेटियां अपने दिवंगत माता-पिता या पूर्वजों के निमित्त श्राद्ध और व्रत कर सकती हैं? इस संबंध में गरुड़ पुराण और सनातन ग्रंथों में बहुत स्पष्ट विधान बताया गया है। गरुड़ पुराण के अनुसार, घर की बेटियां भी अपने पितरों की आत्मा की शांति, मोक्ष और उनकी तृप्ति के लिए इंदिरा एकादशी के व्रत का पूरी निष्ठा के साथ पालन कर सकती हैं।यदि किसी परिवार में कोई पुरुष संतान (पुत्र) नहीं है अथवा पुत्र अपने पितृ ऋण को चुकाने या श्राद्ध कर्म करने में असमर्थ है, तो ऐसी स्थिति में घर की बेटी को अपने पितरों के निमित्त पिंडदान, तर्पण, ब्राह्मण भोजन और एकादशी का व्रत करने का पूर्ण अधिकार प्राप्त है। आधुनिक समय में बेटियां हर मोर्चे पर अपने कर्तव्यों का निर्वाह कर रही हैं और पितृ पक्ष में उनका यह धार्मिक योगदान भी पूरी तरह फलदायी माना गया है।इंदिरा एकादशी पर किस प्रकार के पितरों का होता है श्राद्धधार्मिक मान्यताओं और परंपराओं के अनुसार, पितृ पक्ष के दौरान आने वाली एकादशी तिथि पर मुख्य रूप से उन पूर्वजों का श्राद्ध और तर्पण संपन्न किया जाता है, जिनकी मृत्यु किसी भी पक्ष की एकादशी तिथि को हुई हो। इस विशेष श्राद्ध को 'एकादशी श्राद्ध' या 'ग्यारस श्राद्ध' के नाम से भी जाना जाता है। इस दिन भगवान विष्णु की आराधना के साथ-साथ पितरों का स्मरण करने से अकाल मृत्यु को प्राप्त आत्माओं को भी शांति मिलती है।तर्पण और पूजा की सरल विधिइंदिरा एकादशी के दिन सुबह जल्दी उठकर स्नान-ध्यान करें और साफ वस्त्र धारण करें। इसके बाद अपने घर के मंदिर में भगवान विष्णु की विधि-विधान से पूजा करें। पूजा के दौरान श्री हरि को पीले फूल, रोली, अक्षत और तुलसी दल अर्पित करें। इसके बाद अपनी क्षमता और श्रद्धा के अनुसार पितरों के निमित्त जल से तर्पण करें। इस पावन दिन किसी जरूरतमंद व्यक्ति या ब्राह्मण को अन्न, वस्त्र और अपनी सामर्थ्यनुसार दान देना अत्यंत पुण्यदायी माना जाता है। पितृ पक्ष में कुतुप और रोहिणी मुहूर्त को श्राद्ध कर्म के लिए सबसे उत्तम माना गया है। इस दिन सच्चे मन से भगवान विष्णु का ध्यान करने से पितृ दोष से मुक्ति मिलती है और घर-परिवार में सुख-समृद्धि का वास होता है।
सनातन हिंदू धर्म में माताएं अपनी संतान की लंबी आयु, उत्तम स्वास्थ्य, सुरक्षा और उज्जवल भविष्य के लिए सालभर में कई कठिन उपवास रखती हैं, जिनमें 'जितिया' या 'जीवित्पुत्रिका व्रत' (Jivitputrika Vrat 2026) का स्थान सबसे सर्वोच्च माना जाता है। इस साल जितिया का यह अत्यंत पावन और निर्जला व्रत 03 अक्टूबर 2026, मंगलवार के दिन रखा जाएगा। इस दिन माताएं बिना अन्न और जल के करीब 24 से 36 घंटे का कठिन उपवास रखकर भगवान जीमूतवाहन और महाकाल की आराधना करती हैं।धार्मिक मान्यताओं और लोक परंपराओं के अनुसार, जितिया का व्रत केवल व्रत रखने तक सीमित नहीं है, बल्कि व्रत संपन्न होने या पारण के समय माताएं अपनी संतानों को कुछ विशेष पवित्र प्रतीक, प्रसाद और वस्तुएं भेंट करती हैं। ऐसा माना जाता है कि पूजा के बाद बच्चों को ये चीजें देने से भगवान जीमूतवाहन की असीम कृपा और आशीर्वाद सदैव उन पर बना रहता है, जिससे उनकी हर मनोकामना पूरी होती है और जीवन में आने वाली समस्त बाधाएं टल जाती हैं। आइए जानते हैं कि जितिया के दिन बच्चों को कौन सी 5 चीजें अवश्य देनी चाहिए।1. जितिया का पवित्र रक्षा सूत्र या धागाजितिया व्रत के दिन बच्चों की रक्षा और उनके अच्छे स्वास्थ्य के लिए उनकी कलाई या गले में पवित्र रक्षा सूत्र बांधना अत्यंत शुभ और मंगलकारी माना जाता है। पूजा समाप्त होने के बाद माताएं भगवान जीमूतवाहन का स्मरण करते हुए लाल या पीले रंग का सूती धागा अपने बच्चों को धारण कराती हैं। धार्मिक मान्यता है कि यह पवित्र धागा बच्चों को किसी भी प्रकार की नकारात्मक ऊर्जा, बुरी नजर और अकाल कष्टों से सुरक्षित रखता है तथा उन्हें जीवनभर आरोग्य का वरदान दिलाता है।2. नए वस्त्र भेंट करनाजितिया के पावन अवसर पर माताएं अपनी क्षमता के अनुसार बच्चों को नए कपड़े भी भेंट कर सकती हैं। सनातन संस्कृति में नए वस्त्रों को हमेशा शुभता, नए उत्साह और समृद्धि का प्रतीक माना जाता है। व्रत का पारण करने और भगवान जीमूतवाहन की विधिवत पूजा करने के बाद बच्चों को नए वस्त्र पहनाना और उसके पश्चात उन्हें घर के बड़े-बुजुर्गों का चरण स्पर्श करवाकर आशीर्वाद दिलाना बहुत फलदायी माना जाता है। इससे बच्चों के जीवन में सकारात्मकता और उन्नति के मार्ग खुलते हैं।3. मौसमी फल और पारंपरिक छोटा खीराजितिया व्रत की पूजा और कथा में छोटे-छोटे कच्चे खीरे का विशेष और अनिवार्य महत्व होता है। इसे वंश वृद्धि, पारिवारिक विस्तार और संतान के सुदीर्घ जीवन का प्रतीक माना जाता है। पूजा संपन्न होने के बाद माताएं यह खीरा और अन्य ताजे मौसमी फल अपने बच्चों को प्रसाद के रूप में अवश्य देती हैं। खीरे और फलों का यह भोग बच्चों को शारीरिक रूप से ऊर्जावान बनाने के साथ-साथ उनके बौद्धिक विकास में भी सहायक माना जाता है।4. बच्चों की पसंद के खिलौने या उपहारयदि आपकी संतान छोटी उम्र की है, तो जितिया के दिन उनकी खुशी और मुस्कान का ध्यान रखते हुए उन्हें उनकी पसंद का कोई छोटा खिलौना या उपहार अवश्य देना चाहिए। ज्योतिषीय और धार्मिक दृष्टिकोण से बच्चों को प्रसन्न करना साक्षात ईश्वर को प्रसन्न करने के समान माना जाता है। बच्चों को उपहार देने से उनका मन प्रफुल्लित होता है और घर-परिवार में सकारात्मक ऊर्जा तथा पारिवारिक सुख-शांति का वास होता है।5. पारंपरिक ठेकुआ और चने का प्रसादजितिया के पर्व पर बनने वाला ठेकुआ और भुने हुए चने का प्रसाद भगवान जीमूतवाहन को सबसे प्रिय भोग माना जाता है। पूजा के दौरान अर्पित किए गए इस पवित्र प्रसाद को जब माताएं अपने बच्चों को अपने हाथों से खिलाती हैं, तो इसे बहुत ही शुभ माना जाता है। शुद्ध घी और गुड़ से बना ठेकुआ बच्चों को शारीरिक शक्ति और स्फूर्ति प्रदान करता है। जितिया के दिन इस प्रसाद को ग्रहण करने से बच्चों का स्वास्थ्य उत्तम रहता है और उन्हें दीर्घायु का आशीर्वाद प्राप्त होता है।
‘मेरी बिल्डिंग गिर रही...’, शराब के नशे में बुजुर्ग ने पुलिस को कर दी कॉल
दिल्ली के मैदान गढ़ी इलाके में रहने वाले बुजुर्ग नरेंद्र ने शराब के नशे में पुलिस को फोन कर अपनी ही बिल्डिंग गिरने की सूचना दे दी. यह कॉल दोपहर करीब 3 बजे की गई थी. कॉल मिलते ही पुलिस, दमकल विभाग, कैट्स एंबुलेंस, एनडीआरएफ और एमसीडी की टीमों में हड़कंप मच गया और सभी मौके पर पहुंचने लगे. लेकिन वहां किसी तरह का जान माल का नुकसान नहीं हुआ था. नरेंद्र नशे में थे और घर के अंदर जाने को तैयार नहीं थे.
फेस्टिव सीजन में जॉब ही जॉब, 4 लाख से ज्यादा गिग वेकेंसी तैयार!
ई-कॉमर्स सेल्स और त्योहारी सीजन के चलते देश में नौकरियों की सुनामी आ गई है. अब तक 4 लाख से ज्यादा गिग नौकरियां पैदा हो चुकी हैं, जबकि अमेजन और फ्लिपकार्ट अकेले 1-1 लाख से ज्यादा सीजनल वेकेंसी दे रहे हैं. जानिए पार्ट-टाइम काम करके हर महीने 50,000 रुपये तक कमाने का तरीका और अप्लाई करने के डायरेक्ट ऑफिशियल लिंक्स.

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