FIFA President Gianni Infantino 2027 में नहीं लड़ सकते चौथा चुनाव, पूर्व अधिकारी का दावा
फीफा अध्यक्ष पद पर गियानी इन्फेंटिनो की दोबारा दावेदारी को लेकर विवाद गहराता जा रहा है। फुटबॉल की वैश्विक संस्था के पूर्व शासन समिति प्रमुख मिगुएल मादुरो ने दावा किया है कि फीफा के नियमों के अनुसार इन्फेंटिनो 2027 में चौथी बार अध्यक्ष पद का चुनाव नहीं लड़ सकते। उनका कहना है कि संस्था के नियम किसी भी व्यक्ति को अधिकतम 3 कार्यकाल तक ही अध्यक्ष रहने की अनुमति देते हैं। ऐसे में इन्फेंटिनो की एक और पारी नियमों के खिलाफ होगी। मादुरो ने मंगलवार को पत्रकारों से बातचीत में फीफा के नियमों का हवाला देते हुए कहा कि संस्था के नियमों की धारा 33 के दूसरे अनुच्छेद में साफ लिखा है कि कोई भी व्यक्ति 3 कार्यकाल से अधिक अध्यक्ष नहीं रह सकता। उनके मुताबिक, इन्फेंटिनो 3 बार अध्यक्ष चुने जा चुके हैं और इसलिए उनके लिए चौथी बार इस पद पर बने रहने का कोई रास्ता नहीं होना चाहिए। यह विवाद ऐसे समय सामने आया है, जब मार्च 2027 में होने वाले फीफा अध्यक्ष चुनाव के लिए उम्मीदवारों के नाम जमा करने की अंतिम तारीख नजदीक है। इस समय सीमा से करीब 2 सप्ताह पहले मानवाधिकार संगठन फेयरस्क्वेयर ने फीफा के सदस्य देशों के फुटबॉल संघों को पत्र लिखकर इन्फेंटिनो की उम्मीदवारी पर सवाल उठाने और उन्हें चुनाव के लिए अयोग्य घोषित करने की मांग की है। फेयरस्क्वेयर पहले भी फीफा से इस मामले में फैसला लेने की अपील कर चुका है। संगठन का तर्क है कि इन्फेंटिनो पहले ही अध्यक्ष के रूप में अधिकतम 3 कार्यकाल पूरे कर चुके हैं। हालांकि, इन्फेंटिनो ने अपने पहले कार्यकाल को इस सीमा में शामिल नहीं करने का तर्क दिया था। वह 2016 में तत्कालीन अध्यक्ष सेप ब्लैटर के इस्तीफे के बाद विशेष कांग्रेस में चुने गए थे। उनका कहना था कि उन्होंने बीच में छोड़े गए कार्यकाल को पूरा किया था, इसलिए इसे पूरा कार्यकाल नहीं माना जाना चाहिए। दिसंबर 2022 में फीफा परिषद ने सर्वसम्मति से यह माना था कि 2016 से 2019 तक का समय इन्फेंटिनो के कार्यकाल की सीमा में नहीं गिना जाएगा। हालांकि, फेयरस्क्वेयर का कहना है कि इस फैसले के पीछे दिए गए कारणों को सार्वजनिक नहीं किया गया। मादुरो ने भी इस दलील से असहमति जताई है। उनका कहना है कि नियमों में छोटे या अधूरे कार्यकाल के लिए कोई अलग छूट नहीं दी गई है। नियम केवल 3 कार्यकाल की बात करते हैं, चाहे उनकी अवधि 4 साल से कम ही क्यों न हो। बता दें कि मिगुएल मादुरो पुर्तगाल के वकील हैं। उन्हें 2017 में फीफा की शासन समिति के प्रमुख पद से हटा दिया गया था। उस समय उन्होंने रूस के उप प्रधानमंत्री विताली मुत्को को संस्था की एक शीर्ष समिति में दोबारा चुने जाने से रोक दिया था। दूसरी ओर, इन्फेंटिनो की चुनावी स्थिति फिलहाल मजबूत दिखाई दे रही है। पिछले महीने एशियाई फुटबॉल महासंघ के प्रमुख ने उनकी दावेदारी का समर्थन किया था। अलग-अलग महाद्वीपीय फुटबॉल संगठनों से मिल रहे समर्थन के कारण 211 सदस्य देशों के वोट वाले इस चुनाव में उनकी स्थिति मजबूत मानी जा रही है। मादुरो ने फीफा की व्यवस्था पर भी सवाल उठाए हैं। उनका कहना है कि संस्था के भीतर अध्यक्ष की शक्तियों पर नजर रखने वाली समितियों की स्वतंत्रता कमजोर हुई है। इसके कारण अध्यक्ष के फैसलों की प्रभावी जांच नहीं हो पा रही है। उन्होंने सदस्य देशों के फुटबॉल संघों के चुप रहने की वजह डर का माहौल बताया। फेयरस्क्वेयर के सह-संस्थापक और निदेशक निकोलस मैकगीहन के मुताबिक, संगठन ने 52 सदस्य संघों से संपर्क किया है, लेकिन अभी तक किसी ने जवाब नहीं दिया है। उन्होंने बताया कि संगठन बुधवार को नॉर्वे के फुटबॉल अधिकारियों से मुलाकात करेगा। नॉर्वे फुटबॉल संघ पहले भी इन्फेंटिनो के खिलाफ राजनीतिक निष्पक्षता के नियमों के उल्लंघन से जुड़ी शिकायत का समर्थन कर चुका है। मैकगीहन ने दूसरे देशों के संघों से भी नियमों के पालन के लिए आगे आने की अपील की है। अब देखना होगा कि फीफा इस विवाद पर क्या रुख अपनाता है और इन्फेंटिनो की चौथी बार अध्यक्ष बनने की कोशिश को लेकर क्या फैसला होता है।
डिफेंडिंग चैंपियन भारत ने एशियन चैंपियंस ट्रॉफी के फाइनल में जगह बना ली है। बुधवार को मोहाली में खेले गए सेमीफाइनल में टीम ने साउथ कोरिया को 8-1 से हराया। भारत की ओर से शिलानंद लाकड़ा और दिलप्रीत सिंह ने 2-2 गोल किए। कप्तान हरमनप्रीत सिंह, सुखजीत सिंह, अंगद बीर सिंह और विवेक सागर प्रसाद ने एक-एक गोल किया। भारत अब 6 नवंबर को फाइनल में जापान से खेलेगा। जापान ने पहले सेमीफाइनल में मलेशिया को पेनल्टी शूटआउट में हराकर खिताबी मुकाबले में जगह बनाई। कोरिया और मलेशिया ब्रॉन्ज मेडल के लिए भिड़ेंगे। पहले क्वार्टर में भारत ने बनाई बढ़त मैच के चौथे मिनट में दिलप्रीत सिंह ने बाएं तरफ से शानदार मूव बनाया। उन्होंने गेंद शिलानंद लाकड़ा को दी, जिन्होंने गोल करके भारत को 1-0 से आगे कर दिया। कोरिया ने नौवें मिनट में हान सांगजुन के गोल से बराबरी कर ली। भारत ने तुरंत जवाब दिया। अगले ही मिनट उसे पेनल्टी कॉर्नर मिला। हरमनप्रीत ने इस मौके पर तेज ड्रैग-फ्लिक लगाई। भारत 2-1 से आगे हो गया। 13वें मिनट में हरमनप्रीत के एक और ड्रैग-फ्लिक को कोरियाई गोलकीपर ने रोक लिया। गेंद गोल के सामने ही रह गई और शिलानंद ने रिबाउंड पर गोल कर दिया। पहले क्वार्टर के अंत तक भारत 3-1 से आगे था। दूसरे क्वार्टर में चार गोल, मुकाबला एकतरफा हुआ दूसरे क्वार्टर में भारत ने चार गोल दागकर कोरिया की वापसी की उम्मीद लगभग खत्म कर दी। 19वें मिनट में संजय के पास पर सुखजीत सिंह ने शॉट लगा दिया। इस तरह भारत ने स्कोर 4-1 कर दिया। अगले ही मिनट कोरिया के एक कमजोर पास का दिलप्रीत ने फायदा उठाया। उन्होंने अंगद बीर सिंह के साथ तेजी से पास का आदान-प्रदान किया और गेंद गोल में पहुंचा दी। 25वें मिनट में हरमनप्रीत ने लंबा पास देकर दिलप्रीत को मौका दिया। दिलप्रीत ने तंग कोण से बिना गेंद रोके शॉट लगाया और भारत को 6-1 की बढ़त दिला दी। अंगद और विवेक ने आखिरी दो गोल किए तीसरे क्वार्टर के छठे मिनट यानी मैच के 36वें मिनट में जरमनप्रीत सिंह ने दाएं तरफ से पास दिया। अंगद बीर सिंह ने स्टिक लगाकर गेंद की दिशा बदली और उसे गोलपोस्ट में पहुंचा दिया। हॉकी में इसे डिफ्लेक्शन कहते हैं। इससे गोलकीपर को गेंद की दिशा समझने और उसे रोकने का समय बहुत कम मिलता है। 54वें मिनट में विवेक सागर प्रसाद ने गेंद को संभाला और रिवर्स-हिट से शॉट लगाया। रिवर्स-हिट में खिलाड़ी स्टिक के उलटे हिस्से से गेंद को मारता है। गेंद गोलकीपर के पैड से लगकर गोल में चली गई। भारत ने 8-1 से जीत दर्ज की। लीग स्टेज में सभी मैच जीते भारत ने सेमीफाइनल से पहले लीग स्टेज के अपने सभी पांच मैच जीते थे। टीम 15 अंकों के साथ पॉइंट्स टेबल में पहले स्थान पर रही। उसने इन मुकाबलों में 34 गोल किए और सिर्फ 5 गोल खाए। लीग स्टेज के आखिरी मैच में भारत ने कोरिया को ही 8-0 से हराया था। टूर्नामेंट में हरमनप्रीत भारत के सबसे बड़े गोल स्कोरर रहे हैं। सेमीफाइनल से पहले उनके नाम 9 गोल थे। सुखजीत और दिलप्रीत ने 4-4 गोल किए थे, जबकि जुगराज सिंह के खाते में 3 गोल थे। इस मैच के बाद हरमनप्रीत के गोल 10 और दिलप्रीत के 6 हो गए। एशियन चैंपियंस ट्रॉफी में भारत सबसे सफल टीम एशियन चैंपियंस ट्रॉफी की शुरुआत 2011 में हुई थी। इसमें एशिया की छह टीमें हिस्सा लेती हैं। 2026 का आयोजन पंजाब के जालंधर और मोहाली में 27 अक्टूबर से 5 नवंबर तक हो रहा है। लीग स्टेज के मुकाबले जालंधर में हुए, जबकि सेमीफाइनल और फाइनल मोहाली में खेले जा रहे हैं। भारत ने अब तक पांच बार यह खिताब जीता है। 2011 में पाकिस्तान को शूटआउट में हराकर पहली बार चैंपियन बना था। 2016 में फाइनल में पाकिस्तान को 3-2 से हराकर दूसरी बार ट्रॉफी जीती। भारत का कोरिया के खिलाफ रिकॉर्ड भी मजबूत दोनों टीमों के बीच अब तक 26 मुकाबले हुए हैं। इनमें भारत ने 16 जीते, 7 ड्रॉ रहे और 3 में कोरिया को जीत मिली। इस टूर्नामेंट में दोनों टीमें दो बार आमने-सामने आईं और दोनों मैच भारत ने जीते।
टेनिस दिग्गज राफेल नडाल 'रियल मैड्रिड' के बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स में शामिल
स्पेन के मशहूर फुटबॉल क्लब 'रियल मैड्रिड' ने टेनिस के दिग्गज खिलाड़ी राफेल नडाल को अपने बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स में शामिल कर लिया है...
India vs South Korea Semifinal: भारत ने एशियन चैंपियंस ट्रॉफी 2026 के फाइनल में धमाकेदार एंट्री मारी है। भारत ने सेमीफाइनल में दक्षिण कोरिया को 8-1 से करारी शिकस्त दी।
रणजी ट्रॉफी 2026-27 के चौथे राउंड में बुधवार को तीन टीमों ने बड़ी जीत दर्ज की। कर्नाटक ने असम को पारी और 314 रन से हराया, विदर्भ ने मध्य प्रदेश को पारी और 20 रन से मात दी, जबकि उत्तराखंड ने हरियाणा को 10 विकेट से हराया। कर्नाटक की जीत में मैनवंत कुमार का शतक और श्रेयस गोपाल की गेंदबाजी अहम रही। विदर्भ के लिए हर्ष दुबे और पार्थ रेखड़े ने मध्य प्रदेश की दोनों पारियों में 5-5 विकेट लिए। उत्तराखंड की जीत में पहली पारी के 153 रन बनाने वाले डेगा निश्चल और दूसरी पारी में 4 विकेट लेने वाले जगदीश सुचित की भूमिका रही। कर्नाटक ग्रुप-B के टॉप पर विदर्भ ने मध्य प्रदेश को पारी और 20 रन से हराया विदर्भ ने नागपुर में मध्य प्रदेश के खिलाफ पहली पारी में 334 रन बनाए थे। जवाब में मध्य प्रदेश की टीम 209 रन पर आउट हो गई। इसके बाद दूसरी पारी में भी उसकी बल्लेबाजी नहीं संभली और पूरी टीम 105 रन पर सिमट गई। इस तरह विदर्भ ने पारी और 20 रन से मुकाबला जीत लिया। उत्तराखंड ने हरियाणा को 10 विकेट से हराया उत्तराखंड और हरियाणा के बीच मुकाबला भी एकतरफा रहा। उत्तराखंड ने पहली पारी में 305 रन बनाए। इसमें डेगा निश्चल के 153 रन सबसे अहम रहे। हरियाणा की पहली पारी 153 रन पर खत्म हुई। इसके बाद उत्तराखंड को दूसरी पारी में भी जल्दी सफलता मिली और हरियाणा 159 रन ही बना सका। हरियाणा की दूसरी पारी में जगदीश सुचित ने 4 विकेट लिए। पहली पारी में उत्तराखंड को समेटने में हरियाणा के निशांत सिंधु ने 5 और कनिष्क चौहान ने 4 विकेट लिए थे। उत्तराखंड को जीत के लिए सिर्फ 9 रन बनाने थे। टीम ने बिना विकेट गंवाए लक्ष्य हासिल कर लिया। बाकी मुकाबलों में बल्लेबाजों का प्रदर्शन -------------------------------- यह खबर भी पढ़ें कोहली ने तोड़ा तेंदुलकर का रिकॉर्ड, वनडे रनचेज में सबसे ज्यादा रन भारत ने ऑकलैंड में खेले गए पहले वनडे में न्यूजीलैंड को 5 विकेट से हरा दिया। विराट कोहली लक्ष्य का पीछा करते हुए सबसे ज्यादा रन बनाने वाले बल्लेबाज बन गए। उन्होंने सचिन तेंदुलकर का रिकॉर्ड तोड़ा। पढ़ें पूरी खबर…
भारत के पूर्व हॉकी खिलाड़ी एम.एम. सोमैया के बेंगलुरु स्थित घर से चोर 1980 मॉस्को ओलंपिक का गोल्ड मेडल ले गए। 28 अक्टूबर की रात हुई इस चोरी के वक्त 67 साल के सोमैया परिवार के साथ कोडागु गए हुए थे। चोर गोल्ड मेडल के अलावा 1982 एशियन गेम्स का सिल्वर, 1986 एशियन गेम्स का ब्रॉन्ज और 1982 चैंपियंस ट्रॉफी का ब्रॉन्ज मेडल भी ले गए। सोने के गहने, चांदी के सामान और 30 हजार रुपए नकद भी चोरी हुए। पुलिस ने कुल चोरी की कीमत 3.53 लाख रुपए आंकी है। चोरी का पता तब चला, जब एक पड़ोसी ने सोमैया के घर का दरवाजा खुला देखा और उन्हें सूचना दी। पड़ोसी के घर लगे CCTV कैमरों की फुटेज में रात करीब 2:34 बजे दो संदिग्ध घर में घुसते दिखे। एक ने नीली और दूसरे ने लाल शर्ट पहन रखी थी। 1980 में 16 साल बाद भारत ने जीता था गोल्ड मॉस्को ओलंपिक का गोल्ड भारतीय हॉकी के लिए खास था। भारत ने इससे पहले 1964 टोक्यो ओलंपिक में गोल्ड जीता था। 1980 में टीम 16 साल बाद फिर ओलंपिक चैंपियन बनी। इससे पहले भारतीय टीम 1928 से 1956 तक लगातार छह ओलंपिक गोल्ड जीत चुकी थी। फाइनल में भारत ने स्पेन को 4-3 से हराया था। सुरिंदर सिंह सोढ़ी ने दो गोल किए, जबकि मोहम्मद शाहिद और एम.के. कौशिक ने एक-एक गोल किया। इंटरनेशनल डेब्यू के साथ ही ओलंपिक गोल्ड जीता एम.एम. सोमैया का पूरा नाम मानेयापांडा मुथन्ना सोमैया है। उनका जन्म 8 मई 1959 को कर्नाटक के मर्कारा (अब मदिकेरी) में हुआ था। उनके पिता बॉम्बे हॉकी एसोसिएशन के सदस्य थे। सोमैया पांच साल की उम्र से हॉकी देखते थे और 12 साल की उम्र में खेलने लगे। बाद में माइकल सालदान्हा ने उन्हें महिंद्रा एंड महिंद्रा की टीम में खेलने का मौका दिया। 1975 से वे बॉम्बे की जूनियर और सीनियर राष्ट्रीय चैंपियनशिप टीमों का हिस्सा बनने लगे। 1980 मॉस्को ओलंपिक में उन्होंने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर डेब्यू किया और टीम के साथ गोल्ड जीता। एस्ट्रो टर्फ पर खेलने के लिए बजरी के मैदान पर तैयारी मॉस्को ओलंपिक में भारतीय टीम के सामने एस्ट्रो टर्फ पर खेलने की चुनौती थी। यह कृत्रिम घास से बना मैदान होता है, जिस पर गेंद प्राकृतिक घास के मुकाबले तेजी से चलती है। भारतीय खिलाड़ी तब तक ज्यादातर प्राकृतिक घास पर खेलते आए थे। इस बदलाव के लिए कोच बालकृष्ण सिंह ने बेंगलुरु में बजरी के मैदान पर अभ्यास कराया। इससे खिलाड़ियों को तेज सतह पर खेलने की तैयारी करने में मदद मिली। सोमैया ने भी बाद में बताया था कि एस्ट्रो टर्फ पर खेलना उनके लिए नया अनुभव था। तीन ओलंपिक में खेले, 1988 में कप्तानी भी की मॉस्को के बाद सोमैया ने 1984 लॉस एंजिलिस और 1988 सियोल ओलंपिक में भी भारत का प्रतिनिधित्व किया। 1988 में वे भारतीय टीम के कप्तान बने। उन्होंने दो हॉकी वर्ल्ड कप, दो एशियन गेम्स, दो एशिया कप और तीन चैंपियंस ट्रॉफी टूर्नामेंट में भी देश के लिए खेला। उन्हें अर्जुन अवॉर्ड से सम्मानित किया गया।
श्रीलंका को मिली नई कप्तान, इमर्जिंग नेशंस ट्रॉफी में हर्षिता समरविक्रमा संभालेंगी टीम की कमान
श्रीलंका ने नेपाल में 12 से 25 नवंबर तक होने वाली महिला इमर्जिंग नेशंस ट्रॉफी के लिए 14 सदस्यीय टीम का ऐलान किया है। टीम की कमान समरविक्रमा को सौंपी गई है।
ICC Test Rankings: मिचेल स्टार्क फिर बने दुनिया के नंबर-1 टेस्ट गेंदबाज, श्रेयस अय्यर को भी टी-20 रैंकिंग में फायदा
विमेंस प्रीमियर लीग (WPL) का पहला मुकाबला 14 जनवरी को डिफेंडिंग चैंपियन रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (RCB) और दो बार की चैंपियन मुंबई इंडियंस (MI) के बीच खेला जाएगा। वडोदरा इंटरनेशनल क्रिकेट स्टेडियम में होने वाला यह मैच शाम 7:30 बजे शुरू होगा। BCCI ने टूर्नामेंट के लिए वडोदरा और मुंबई को वेन्यू चुना है। शुरुआती 11 मुकाबले 14 से 24 जनवरी तक वडोदरा में खेले जाएंगे। इसके बाद 26 जनवरी से मुंबई में लीग के बाकी मैच होंगे। लीग स्टेज का आखिरी मुकाबला 3 फरवरी को दिल्ली कैपिटल्स और UP वॉरियर्स के बीच होगा। एलिमिनेटर 5 फरवरी और फाइनल 7 फरवरी को खेला जाएगा। टूर्नामेंट में पांच टीमें हिस्सा लेंगी। लीग स्टेज में हर टीम बाकी चार टीमों से दो-दो बार भिड़ेगी। इस तरह 20 लीग मैच होंगे। एलिमिनेटर और फाइनल को मिलाकर कुल 22 मुकाबले खेले जाएंगे। पूरा टूर्नामेंट 25 दिन में होगा। RCB और MI 2-2 बार की चैंपियन RCB ने 2022 और 2026 का खिताब जीता था। मुंबई भी दो बार चैंपियन रह चुकी है। दोनों टीमों के बीच दूसरा मुकाबला 26 जनवरी को मुंबई के क्रिकेट क्लब ऑफ इंडिया में होगा। UP वॉरियर्स की शुरुआत गुजरात जायंट्स के खिलाफ UP वॉरियर्स अपना पहला मैच 15 जनवरी को गुजरात जायंट्स के खिलाफ खेलेगी। हालिया नीलामी में UP वॉरियर्स ने कई बड़े खिलाड़ियों को खरीदकर चर्चा बटोरी थी। टीम ने ऑस्ट्रेलिया की सोफी मोलिन्यू को 1.10 करोड़ रुपए में खरीदा और ग्रेस हैरिस को भी वापस टीम में शामिल किया। दिल्ली कैपिटल्स अपना पहला मुकाबला 16 जनवरी को RCB के खिलाफ खेलेगी। दिल्ली की टीम अब तक चार बार फाइनल में पहुंच चुकी है, लेकिन खिताब नहीं जीत सकी है। विमेंस प्रीमियर लीग ऑक्शन में 25 खिलाड़ी बिकीं 28 अक्टूबर को WPL के पांचवें सीजन के ऑक्शन में 25 प्लेयर्स को खरीदा गया। इसमें 18 भारतीय और 7 विदेशी रहीं। ऑस्ट्रेलिया की सोफी मोलिन्यूक्स को यूपी वॉरियर्स ने सबसे ज्यादा 1.10 करोड़ रुपए में खरीदा। भारतीय ऑलराउंडर स्नेह राणा 30 लाख रुपए में यूपी की टीम में शामिल हुईं। कोच्चि में हो रहे ऑक्शन में किरण नवगिरे को दिल्ली कैपिटल्स ने 75 लाख और जी कमलिनी को गुजरात जायंट्स ने 40 लाख रुपए में खरीदा। ---------------------- यह खबर भी पढ़ें… विमेंस प्रीमियर लीग ऑक्शन में यूपी ने 6 ऑलराउंडर खरीदे विमेंस प्रीमियर लीग (WPL) 2027 ऑक्शन में पांचों टीमों ने अपनी जरूरत के हिसाब से स्क्वॉड में बदलाव किए। यूपी वॉरियर्ज ने 6 ऑलराउंडर्स पर भरोसा जताया। RCB ने अपने कोर ग्रुप को मजबूत किया। मुंबई इंडियंस ने भारतीय खिलाड़ियों की बेंच स्ट्रेंथ बढ़ाई। पढ़ें पूरी खबर…
14 जनवरी को RCB और MI के बीच टक्कर, WPL के लिए शेड्यूल का ऐलान
महिला प्रीमियर लीग के आगामी सीजन यानी WPL 2027 का शेड्यूल जारी कर दिया गया है. पिछले सीजन यानी 2026 के विमेंस प्रीमियर लीग का खिताब रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु ने जीता था. इस बार सीजन का पहला मुकाबला आरसीबी और मुंबई के बीच खेला जाएगा.
एशियन पैरा गेम्स 2026 में भारतीय प्लेयर्स से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी कल मुलाकात करेंगे। नई दिल्ली के इंदिरा गांधी स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स में शाम करीब 4:30 बजे यह कार्यक्रम होगा। प्रधानमंत्री कार्यालय (PMO) ने बुधवार को इसकी जानकारी दी। जापान के आईची-नागोया में 18 से 24 अक्टूबर तक हुए इन खेलों में भारत ने कुल 114 मेडल जीते। इनमें 30 गोल्ड, 35 सिल्वर और 49 ब्रॉन्ज शामिल हैं। भारत पहली बार इस प्रतियोगिता में 30 गोल्ड तक पहुंचा। टीम पॉइंट्स टेबल में चौथे स्थान पर रही। 2023 में चीन के हांगझोउ में हुए एशियन पैरा गेम्स में भारत ने 108 मेडल हासिल किए थे। पीएम मोदी दिल्ली में एशियन गेम्स मेडलिस्ट से मिले:कहा- महिला हॉकी में 44 साल का इंतजार खत्म हुआ; इनकी सफलता, देश की सफलता 114 मेडल कैसे आए, किस खेल ने सबसे ज्यादा योगदान दिया? भारत के मेडल सिर्फ एक-दो खेलों तक सीमित नहीं रहे। पैरा एथलेटिक्स और पैरा बैडमिंटन ने सबसे ज्यादा योगदान दिया। इनके अलावा तैराकी, तीरंदाजी, शूटिंग, टेबल टेनिस, जूडो और पावरलिफ्टिंग में भी भारतीय खिलाड़ियों ने पदक जीते। पैरा एथलेटिक्स ने अकेले दिलाए 65 मेडल भारत की कुल पदक संख्या में सबसे बड़ा हिस्सा पैरा एथलेटिक्स का रहा। इस खेल में खिलाड़ियों ने 22 गोल्ड, 19 सिल्वर और 24 ब्रॉन्ज जीते। इसका कारण यह है कि एथलेटिक्स में कई तरह के इवेंट होते हैं। इसमें 100 और 200 मीटर की दौड़ से लेकर लंबी दूरी, ऊंची कूद, लंबी कूद, भाला फेंक और क्लब थ्रो जैसे इवेंट शामिल हैं। इस बार सुमित अंतिल ने भाला फेंक में अपना गोल्ड बरकरार रखा। निशाद कुमार और मोना अग्रवाल भी दो-दो गोल्ड जीतने वाले भारतीय खिलाड़ियों में शामिल रहे। बैडमिंटन में 16 और स्विमिंग में 11 मेडल पैरा बैडमिंटन भारत का दूसरा सबसे सफल खेल रहा। भारतीय खिलाड़ियों ने इसमें 3 गोल्ड, 5 सिल्वर और 8 ब्रॉन्ज समेत 16 मेडल जीते। नितेश कुमार ने पुरुष सिंगल्स SL3 फाइनल में हमवतन प्रमोद भगत को हराकर गोल्ड जीता। दोनों खिलाड़ी पैरालिंपिक में भी भारत का प्रतिनिधित्व कर चुके हैं। वहीं नवीन शिवकुमार ने पुरुष सिंगल्स SL4 में गोल्ड हासिल किया। थुलासिमथी मुरुगेसन ने भी शानदार प्रदर्शन किया। उन्होंने महिला डबल्स में मानसी जोशी के साथ गोल्ड जीता। महिला सिंगल्स में उन्हें सिल्वर मिला, जबकि मिक्स्ड डबल्स में भी उन्होंने सिल्वर अपने नाम किया। इस तरह उन्होंने एक ही प्रतियोगिता में तीन मेडल जीते। पैरा स्विमिंग में भारत को 11 मेडल मिले। इनमें 3 सिल्वर और 8 ब्रॉन्ज शामिल थे। हिमांशु नंदल ने पुरुषों की 100 मीटर फ्रीस्टाइल S11 में ब्रॉन्ज जीता। उन्होंने प्रतियोगिता में कुल तीन ब्रॉन्ज मेडल हासिल किए। एशियन पैरा गेम्स क्या हैं और इनका महत्व क्यों है? एशियन पैरा गेम्स एशिया के दिव्यांग खिलाड़ियों के लिए होने वाली खेल प्रतियोगिता है। इसमें अलग-अलग देशों के खिलाड़ी अपनी शारीरिक स्थिति और खेल की क्षमता के अनुसार मुकाबला करते हैं। हर खेल में वर्गीकरण का अपना तरीका होता है। उदाहरण के लिए, एथलेटिक्स में दौड़ने, कूदने या थ्रो करने की क्षमता के आधार पर अलग श्रेणियां होती हैं। बैडमिंटन में भी खिलाड़ियों की शारीरिक स्थिति के अनुसार SL, SU जैसी कैटेगरी बनाई जाती हैं। मोदी टी-20 वर्ल्ड कप जीतने वाली टीम से भी मिल चुके
WPL 2027 के शेड्यूल का ऐलान, 14 जनवरी से होगा आगाज, 2 वेन्यू पर खेले जाएंगे कुल 22 मैच
वूमेन्स प्रीमियर लीग 2027 के शेड्यूल की घोषणा कर दी गई है। टूर्नामेंट का अगले साल 14 जनवरी को आगाज होगा। 2 शहरों में कुल 22 मैचों का आयोजन होगा।
रोहित शर्मा की फील्डिंग के कायल हुए कप्तान शुभमन गिल, रन-आउट को बताया मैच का टर्निंग पॉइंट
भारतीय टीम ने ODI सीरीज का आगाज शानदार अंदाज में किया है। टीम इंडिया ने पहले ODI मैच में न्यूजीलैंड को 5 विकेट से करारी शिकस्त दी।
किसी तेज गेंदबाज के लिए सिर्फ तेज गेंद डालना काफी नहीं होता। उसे यह भी पता होना चाहिए कि किस बल्लेबाज के सामने कैसी गेंद डालनी है। भारतीय तेज गेंदबाज अंशुल कंबोज ने न्यूजीलैंड के खिलाफ ऑकलैंड वनडे में यही करके दिखाया। 25 साल के हरियाणा के इस गेंदबाज ने 10 ओवर में सिर्फ 22 रन दिए और 2 विकेट लिए। उन्होंने 2 ओवर मेडन भी डाले। खास बात यह रही कि उन्होंने अपनी गेंदबाजी में लगातार सही लाइन और लेंथ बनाए रखी। यह प्रदर्शन इसलिए भी अहम है, क्योंकि कुछ महीने पहले मैनचेस्टर टेस्ट में अंशुल अपनी सामान्य रफ्तार से काफी धीमे गेंदबाजी कर रहे थे। उनके पहले अंतरराष्ट्रीय अनुभव अच्छे नहीं रहे थे। लेकिन टीम मैनेजमेंट ने उन्हें एक-दो खराब मैचों के आधार पर बाहर करने के बजाय सुधार का मौका दिया। अंशुल ने भी अपनी तकनीक पर काम किया और ऑकलैंड में उसका फायदा मिला। मैनचेस्टर टेस्ट में 125 kmph की रफ्तार पर अटक गए थे अंशुल का इंटरनेशनल करियर आसान शुरुआत वाला नहीं रहा। जुलाई 2025 में इंग्लैंड के खिलाफ मैनचेस्टर टेस्ट में उन्हें चोटिल अर्शदीप सिंह की जगह टीम में शामिल किया गया था। ट्रेनिंग के दौरान अर्शदीप की उंगली में चोट लगी थी, जिसके कारण वे चौथे टेस्ट के लिए उपलब्ध नहीं थे। भारतीय टीम को अंशुल से उम्मीद थी कि वे 135 से 140 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से गेंद डाल सकेंगे। लेकिन मैनचेस्टर में उनकी गेंदों की रफ्तार करीब 125 किलोमीटर प्रति घंटे ही रही। उनके बचपन के कोच सतीश राणा भी इस प्रदर्शन से हैरान थे। यहां समस्या सिर्फ लाइन और लेंथ की नहीं थी। कोच ने मैनचेस्टर के वीडियो देखे तो पाया कि अंशुल का रन-अप लय में नहीं था। कोच ने रन-अप छोटा किया, फिर एक ही लेंथ पर घंटों अभ्यास कराया मैनचेस्टर के खराब प्रदर्शन के बाद अंशुल और उनके कोच ने उनकी गेंदबाजी की बुनियादी चीजों पर काम शुरू किया। कोच ने रन-अप को करीब दो गज छोटा किया। इसके बाद फिटनेस पर काम हुआ। फिर अंशुल ने घंटों एक ही लेंथ पर गेंद डालते थे। घरेलू क्रिकेट ने तैयार की टीम इंडिया तक पहुंचने की राह वेस्टइंडीज के खिलाफ खराब प्रदर्शन के बाद भी गिल ने किया समर्थन मैनचेस्टर टेस्ट के बाद अंशुल को वनडे क्रिकेट में भी मौका मिला। अक्टूबर 2026 में वेस्टइंडीज के खिलाफ उन्होंने अपना वनडे डेब्यू किया। लेकिन इस फॉर्मेट में शुरुआती प्रदर्शन भी उम्मीद के मुताबिक नहीं रहा। गुवाहाटी में खेले गए मुकाबले में वेस्टइंडीज के बल्लेबाजों ने उनकी गेंदों पर रन बनाए। ऐसे समय में कप्तान शुभमन गिल ने उनका समर्थन किया। गिल ने कहा था कि किसी खिलाड़ी के लिए टीम में आते ही तुरंत अच्छा प्रदर्शन करना आसान नहीं होता। अंशुल और आकीब नबी ऐसे गेंदबाज हैं, जिन्हें टीम आगे भी मौके देना चाहती है। गिल ने अंशुल की एक और खासियत बताई थी। उन्होंने कहा कि अंशुल आठवें नंबर पर बल्लेबाजी भी कर सकते हैं और टीम के लिए यह स्थान काफी अहम है। न्यूजीलैंड दौरे पर पहली बार तैयारी के लिए पूरा समय मिला ऑकलैंड में अंशुल की तैयारी पहले के मुकाबलों से अलग थी। इस बार उन्हें अचानक चोटिल खिलाड़ी की जगह बुलाकर सीधे मैदान पर नहीं उतारना पड़ा। वे न्यूजीलैंड दौरे पर इंडिया-A के साथ टेस्ट खेलने के बाद सीनियर टीम से जुड़े थे। 31 अक्टूबर को लिंकन से ऑकलैंड पहुंचने के बाद उन्हें अभ्यास के लिए पर्याप्त समय मिला। पहले स्पेल में विकेट नहीं मिला, लेकिन बल्लेबाजों को बांधे रखा न्यूजीलैंड के खिलाफ मुकाबले में कप्तान शुभमन गिल ने अंशुल को आठवें ओवर में गेंद सौंपी। उनका पहला स्पेल 5 ओवर का था। इसमें उन्होंने सिर्फ 12 रन दिए और एक मेडन ओवर डाला, लेकिन कोई विकेट नहीं मिला। अंशुल जब दोबारा गेंदबाजी करने आए, तो उनकी रफ्तार में भी तेजी दिखी। वे करीब 140 किलोमीटर प्रति घंटे की गति से गेंद डालने लगे। उन्होंने न्यूजीलैंड के कप्तान मिचेल सैंटनर को बोल्ड किया। इसके अगले ओवर में नाथन स्मिथ का विकेट मिला। स्मिथ का कैच विराट कोहली ने स्लिप में डाइव लगाकर पकड़ा। वॉबल सीम गेंद और सही लेंथ पर भरोसा मैच के बाद प्लेयर ऑफ द मैच चुने गए अंशुल ने अपनी गेंदबाजी की रणनीति समझाई। उन्होंने कहा कि उनका ध्यान पिच के व्यवहार के बजाय लगातार सही लाइन और लेंथ पर गेंद डालने पर था। उनके मुताबिक, वॉबल सीम गेंद उस दिन अच्छी काम कर रही थी और उन्हें पिच से अच्छा बाउंस भी मिल रहा था। वॉबल सीम गेंद में गेंद की सीम सीधी नहीं रहती, बल्कि हवा में या पिच पर पड़ते समय हल्का-सा डगमगा सकती है। इससे बल्लेबाज के लिए यह अनुमान लगाना मुश्किल हो जाता है कि गेंद टप्पा पड़ने के बाद किस दिशा में जाएगी। एक मैच से करियर तय नहीं होता- अंशुल अंशुल ने मैच के बाद कहा कि एक मुकाबला किसी खिलाड़ी का करियर तय नहीं करता। उन्होंने बताया कि वे पहले भी इसी तरह की चीजें करते आ रहे हैं और मैनचेस्टर टेस्ट के बाद अच्छा प्रदर्शन करने की प्रेरणा मिली।
रोहित भाई के उस 'रन-आउट' ने मैच का रुख बदल दिया: कप्तान गिल
भारत ने बुधवार को न्यूजीलैंड के खिलाफ बारिश से प्रभावित मुकाबले में 5 विकेट से जीत हासिल की। कप्तान शुभमन गिल ने बुधवार को ईडन पार्क में मिली जीत का श्रेय अपनी टीम की अनुशासित गेंदबाजी और बेहतरीन फील्डिंग को दिया।
भारत ने ऑकलैंड में न्यूजीलैंड के खिलाफ 5 विकेट से जीत हासिल की। विराट कोहली लक्ष्य का पीछा करते हुए सबसे ज्यादा रन बनाने वाले बल्लेबाज बन गए। रोहित शर्मा बुधवार को 17वीं बार शून्य पर आउट हुए। वहीं अर्शदीप सिंह ने काइल जैमीसन को आउट करने के बाद डांस किया। इसे उन्होंने अपनी गर्लफ्रेंड को डेडीकेट किया। भारत-न्यूजीलैंड पहले वनडे में बने टॉप रिकॉर्ड्स-मोमेंट्स… 1. कोहली ने सचिन का वर्ल्ड रिकॉर्ड तोड़ा कोहली ने वनडे क्रिकेट में लक्ष्य का पीछा करते हुए सबसे 8741 रन बना लिए। उन्होंने सचिन तेंदुलकर के 8720 रन को पीछे छोड़ दिया। 2. कोहली ने पोंटिंग का रिकॉर्ड भी तोड़ा विराट कोहली ने न्यूजीलैंड के खिलाफ वनडे में 1,971 रन पूरे कर लिए हैं। इसके साथ ही उन्होंने ऑस्ट्रेलिया के रिकी पोंटिंग की बराबरी कर ली है। दोनों बल्लेबाज इस मामले में संयुक्त रूप से पहले नंबर पर हैं। 3. कोहली ने नंबर-3 पर 13 हजार रन पूरे किए विराट कोहली नंबर-3 पर बल्लेबाजी करते हुए 13 हजार रन बनाने वाले दुनिया के पहले खिलाड़ी बन गए। कोहली को इस मुकाम तक पहुंचने के लिए 12 रन की जरूरत थी। उन्होंने पारी के 7वें ओवर की दूसरी गेंद पर अपना 12वां रन बनाकर यह रिकॉर्ड अपने नाम किया। नंबर-3 पर वनडे में सबसे ज्यादा रन बनाने वाले बल्लेबाजों में ऑस्ट्रेलिया के पूर्व कप्तान रिकी पोंटिंग दूसरे स्थान पर हैं। उन्होंने इस पोजिशन पर 12,662 रन बनाए हैं। 4. कोहली ने न्यूजीलैंड में 35 गेंद पर फिफ्टी लगाई विराट कोहली ने 35 गेंदों पर अर्धशतक पूरा किया। यह विदेशी मैदान पर वनडे में उनकी दूसरी सबसे तेज फिफ्टी है। इस मामले में उनका सबसे तेज अर्धशतक 34 गेंदों में आया था। उन्होंने 2016 में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ कैनबरा में यह उपलब्धि हासिल की थी। 5. रोहित ने शून्य पर आउट होने में गांगुली को पीछे छोड़ा रोहित वनडे में 17वीं बार शून्य पर आउट हुए। इस फॉर्मेट में सबसे ज्यादा बार शून्य पर आउट होने में उन्होंने सौरव गांगुली को पीछे छोड़ दिया। गांगुली वनडे करियर में 16 बार शून्य पर आउट हुए। 6. भारत के खिलाफ न्यूजीलैंड का चौथा सबसे छोटा घरेलू वनडे टोटल न्यूजीलैंड की टीम ऑकलैंड में भारत के खिलाफ 185 रन पर ऑलआउट हो गई। यह भारत के खिलाफ घरेलू मैदान पर न्यूजीलैंड का चौथा सबसे छोटा वनडे टोटल है। न्यूजीलैंड ने 1994 में भारत के खिलाफ लोएस्ट स्कोर बनाया था, तब टीम ऑकलैंड में ही 142 रन पर ऑलआउट हुई थी। 7. नंबर-11 पर बल्लेबाजी करते हुए टिकनर ने 4 छक्के लगाए ब्लेयर टिकनर ने ऑकलैंड में 4 छक्के जड़े। उन्होंने वनडे में नंबर-11 पर बल्लेबाजी करते हुए सबसे ज्यादा छक्के लगाने के रिकॉर्ड की बराबरी की। इससे पहले पाकिस्तान के मोहम्मद आमिर और नसीम शाह ने ऐसा किया था। यहां से टॉप मोमेंट्स… 1. गिल, कोहली, रोहित को न्यूजीलैंड रग्बी खिलाड़ी ने जर्सी दी मैच शुरू होने से पहले भारतीय कप्तान शुभमन गिल, विराट कोहली और रोहित शर्मा ने न्यूजीलैंड के रग्बी खिलाड़ी केविन मेआलामू से मुलाकात की। इस दौरान तीनों भारतीय खिलाड़ियों को उनके नाम की खास रग्बी जर्सी भेंट की गई। 2. बारिश की वजह से देरी से शुरु हुआ मैच बारिश की वजह से देरी से टॉस हुआ। मुकाबला भी 10 मिनट की देरी से शुरु हुआ। मैच भारतीय समयानुसार पहले 7:30 बजे से खेला जाना था, जो 7:40 बजे शुरु हुआ। भारत ने टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी का फैसला किया। 3. कोहली ने ग्लेन फिलिप्स को जॉन सीना का इशारा दिखाया न्यूजीलैंड की पारी के दौरान ग्लेन फिलिप्स बल्लेबाजी करने मैदान पर पहुंचे। तभी विराट कोहली ने उनके सामने हाथ को चेहरे के आगे घुमाकर WWE रेसलर जॉन सीना का मशहूर ‘यू कांट सी मी’ इशारा किया। इसके पीछे एक दिलचस्प वजह थी। न्यूजीलैंड में जब भी फिलिप्स बल्लेबाजी करने आते हैं, स्टेडियम का DJ अक्सर जॉन सीना का एंट्रेंस म्यूजिक बजाता है। सीना इस म्यूजिक के साथ अपने चेहरे के सामने हाथ घुमाने वाला खास इशारा करते हैं। इसका मतलब होता है- ‘तुम मुझे देख नहीं सकते।’ 4. अर्शदीप ने गर्लफ्रेंड के लिए किया खास डांस न्यूजीलैंड के तेज गेंदबाज काइल जैमीसन को आउट करने के बाद अर्शदीप सिंह ने डांस स्टेप किए, जिन्हें देखकर दर्शकों के मन में सवाल उठा कि यह सेलिब्रेशन किसके लिए था। पहली पारी खत्म होने के बाद ब्रॉडकास्टर से बातचीत में अर्शदीप ने इसका जवाब दिया। उन्होंने बताया कि यह डांस उनकी गर्लफ्रेंड समरीन कौर के लिए था। अर्शदीप ने कहा, हम बाहर टहलते समय ऐसे डांस स्टेप करते हैं। जब कभी हमारा मूड थोड़ा खराब होता है, तो इसी तरह एक-दूसरे का हौसला बढ़ाते हैं। इसलिए यह सेलिब्रेशन उनके लिए था 5. कैच पकड़ने के बाद कोहली ने तीर चलाने का इशारा किया न्यूजीलैंड की पारी के दौरान विराट कोहली ने स्लिप में नाथन स्मिथ का कैच पकड़ा। स्मिथ के बल्ले का किनारा लगा तो गेंद तेजी से नीचे की ओर गई। कोहली ने दाईं तरफ डाइव लगाकर एक हाथ से कैच लपका। कैच लेने के बाद कोहली ने धनुष खींचकर तीर छोड़ने जैसा इशारा किया। 6. रोहित के थ्रो पर मिचेल रनआउट हुए 22वें ओवर में रोहित के बेहतरीन फील्डिंग की वजह से न्यूजीलैंड का पांचवा विकेट गिरा। अक्षर पटेल की पहली गेंद पर ग्लेन फिलिप्स शॉट खेलने के साथ ही रन के लिए दौड़े। डेरिल मिचेल विकेटकीपर एंड की ओर जा रहे थे। इसी दौरान मिडविकेट से रोहित शर्मा ने तेजी से गेंद उठाकर अंडरआर्म थ्रो किया और विकेटकीपर केएल राहुल ने गिल्लियां बिखेर दीं। मिचेल ने क्रीज के अंदर पहुंचने के लिए बैट को स्लाइड किया, लेकिन रिप्ले में दिखा की उनका बैट थोड़ा दूर रह गया। 7. अर्शदीप की बाउंसर डफी के हेलमेट पर लगी 34वें ओवर में अर्शदीप सिंह की गेंद जैकब डफी के हेलमेट पर जा लगी। गेंद अतिरिक्त उछाल के साथ आई, जिस पर डफी पुल शॉट लगाने के चक्कर में चूके और गेंद हेलमेट से जा टकराई। इससे हेलमेट की पैडिंग निकलकर स्टंप्स से जा टकराई। हालांकि, बेल्स नहीं गिरीं। फिजियो ने उनकी जांच की, जिसके बाद दोबारा खेल शुरु हुआ। 8. बारिश के बीच गेंद डालने पर अंपायर से नाराज हुए गिल 12वें ओवर में तेज बारिश के बावजूद अंपायर ने खेल जारी रहने दिया, इस पर गिल नाराज हो गए। दरअसल ब्लेयर टिकनर की इस गेंद ने गिल के बल्ले का अंदरूनी लिया और विकेट के पीछे गई। हालांकि टॉम लाथम कैच नहीं पकड़ सके। इस गेंद के बाद अंपायर ने खेल रोक दिया। डगआउट लौटने के दौरान गिल ने अंपायर से अपनी नाराजगी जताई। उन्होंने कहा कि उन्हें गेंद ठीक से दिखाई नहीं दे रही थी और ऐसी स्थिति में गेंद डालने की अनुमति क्यों दी गई।
न्यूजीलैंड के खिलाफ पहले वनडे में भारतीय गेंदबाजों और बल्लेबाजों ने शानदार प्रदर्शन किया। अर्शदीप सिंह, गुरनूर बराड़ और अंशुल कंबोज की गेंदबाजी ने न्यूजीलैंड को बड़ा स्कोर बनाने से रोका। वहीं, विराट कोहली की तेजतर्रार पारी ने भारत की जीत सुनिश्चित की।
5 नवंबर से अफगानिस्तान के खिलाफ टेस्ट सीरीज, बेनेट को मिली जिम्बाब्वे की कमान
हरारे, 4 नवंबर (आईएएनएस)। जिम्बाब्वे क्रिकेट (जेडसी) ने यूएई में अफगानिस्तान के खिलाफ होने वाली दो टेस्ट मुकाबलों की सीरीज के लिए अपनी टीम का ऐलान कर दिया है। नियमित कप्तान रिचर्ड नगारवा चोट के कारण टीम का हिस्सा नहीं हैं, इसलिए ब्रायन बेनेट टीम की कप्तानी करेंगे। दो मैचों की टेस्ट सीरीज का पहला मुकाबला 5 नवंबर से शुरू होगा, जबकि दूसरा टेस्ट 13 नवंबर से खेला जाएगा। दोनों मुकाबले शारजाह क्रिकेट स्टेडियम में आयोजित होंगे।
हॉकी के दिग्गज एमएम सोमैया के घर बड़ी चोरी, चोर ले उड़े 1980 मॉस्को ओलंपिक का गोल्ड मेडल
बेंगलुरु के इंदिरानगर इलाके के न्यू थिप्पासंद्रा में हॉकी के दिग्गज एमएम सोमैया के घर में चोर घुस गए और कीमती सामान ले उड़े। इनमें 1980 के मॉस्को ओलंपिक में जीता गया उनका गोल्ड मेडल भी शामिल है।
IND vs NZ: पहले वनडे में कोहली की धमाकेदार फिफ्टी, न्यूजीलैंड को 5 विकेट से चटाई धूल
ऑकलैंड में खेले गए पहले वनडे मैच को भारतीय टीम ने 5 विकेट लिया है।
Auckland में बारिश से प्रभावित पहले ODI में भारत ने New Zealand को 5 विकेट से हराया
ऑकलैंड, चार नवंबर तेज गेंदबाजों के कमाल और विराट कोहली की धमाकेदार अर्धशतकीय पारी की मदद से भारत ने बुधवार को यहां बारिश से प्रभावित पहले एकदिवसीय अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट मैच में न्यूजीलैंड को डकवर्थ लुईस पद्वति से पांच विकेट से हराकर पांच मैचों की श्रृंखला में 1-0 की बढ़त हासिल की। तेज गेंदबाज अर्शदीप सिंह (70 रन देकर चार विकेट), गुरनूर बराड़ (44 रन देकर तीन) और अंशुल कंबोज (10 ओवर में 22 रन देकर दो) ने मिलकर नौ विकेट लेकर न्यूजीलैंड को 40.2 ओवर में में 185 रन पर ढेर कर दिया। बारिश के व्यवधान से एक घंटे से अधिक समय तक खेल नहीं हो पाने के कारण भारत के सामने डकवर्थ लुईस पद्वति से 40 ओवर में 167 रन का लक्ष्य रखा गया। इसके बाद 2.1 ओवर का खेल ही हो पाया था कि फिर से बारिश आ गई। खेल शुरू होने पर भारत को 32 ओवर में 143 रन का लक्ष्य दिया गया। भारत ने कोहली (51 गेंद पर 74 रन, 13 चौके, एक छक्का) और कप्तान शुभमन गिल (37) के बीच दूसरे विकेट के लिए 113 रन की साझेदारी की मदद से 22.4 ओवर में पांच विकेट खोकर लक्ष्य हासिल कर दिया। भारत ने हालांकि जिस तरह से 22 रन के अंदर चार विकेट गंवाए वह टीम प्रबंधन के लिए चिंता का विषय हो सकता है। पहली बार जब बारिश के कारण खेल रुका तब भारत ने एक विकेट पर 54 रन बनाए थे। दूसरे व्यवधान के समय उसका स्कोर एक विकेट पर 64 रन था। भारतीय बल्लेबाजों विशेषकर कोहली ने दो बार व्यवधान के बावजूद अपनी एकाग्रता भंग नहीं होने दी और सहजता से रन बटोरे। कोहली शुरू से आक्रामक होकर खेल रहे थे और उन्होंने चौकों की झड़ी लगाने में कोताही नहीं बरती। अब केवल वनडे प्रारूप में खेलने वाले कोहली ने ब्लेयर टिकनर की गेंद पर छक्का लगाया और इसी गेंदबाज के अगले ओवर में चौका लगाकर 35 गेंद पर अपना अर्धशतक पूरा किया। उन्होंने इस ओवर में दो और चौके लगाए। गिल ने हालांकि नाथन स्मिथ की तेजी से उठती गेंद पर टॉम लैथम को हवा में लहराता कैच दे दिया। उन्होंने अपनी 56 गेंद की पारी में पांच चौके लगाए। जैकब डफी (49 रन देकर तीन विकेट) ने एक ओवर में कोहली और अक्षर पटेल को आउट करके मैच में कुछ रोमांच भरा। टिम सीफर्ट ने कोहली का डीप स्क्वायर लेग पर एक हाथ से शानदार कैच लिया। डफी ने श्रेयस अय्यर (15) के रूप में अपना तीसरा विकेट लिया। नमन धीर (नाबाद पांच) ने विजयी चौका लगाया। भारत की शुरुआत अच्छी नहीं रही और उसने पहले ओवर मेंही रोहित शर्मा का विकेट गंवा दिया जो खाता भी नहीं खोल पाए। रोहित ने काइल जैमीसन की ऑफ स्टंप से बाहर जा रही गेंद पर ड्राइव करने के प्रयास में मिड ऑफ पर खड़े मिचेल सैंटनर को कैच थमा दिया। इससे पहले गिल ने टॉस जीतकर न्यूजीलैंड को पहले बल्लेबाजी के लिए आमंत्रित किया। जसप्रीत बुमराह, मोहम्मद सिराज और प्रसिद्ध कृष्णा के कार्यभार प्रबंधन और चोट के कारण नहीं खेलने के बावजूद भारत के कम अनुभवी तेज गेंदबाजी आक्रमण ने बेहतरीन प्रदर्शन किया। न्यूजीलैंड की तरफ से सीफर्ट ने सर्वाधिक 38 रन बनाए जबकि 11वें नंबर के बल्लेबाज टिकनर ने तूफानी अंदाज में बल्लेबाजी करते हुए चार छक्कों की मदद से 34 और ग्लेन फिलिप्स ने 30 रन का योगदान दिया। अर्शदीप ने एकदम सही लेंथ पर गेंदबाजी की जबकि गुरनूर और कंबोज में बीच के ओवरों में शानदार प्रदर्शन किया। अंशुल ने बेहद किफायती गेंदबाजी की। उनकी 48 गेंद पर कोई रन नहीं बना। अर्शदीप ने पावरप्ले के अंदर दो विकेट लिए। न्यूजीलैंड पहले 10 ओवरों में दो विकेट खोकर 45 रन ही बना पाया। गुरनूर के दो विकेट में लैथम का विकेट भी शामिल था जिनका उन्होंने अपनी ही गेंद पर एक हाथ से रिटर्न कैच लिया। औकिब नबी का भाग्य ने साथ नहीं दिया क्योंकि उनकी गेंद पर नमन धीर ने मिड विकेट पर सीफर्ट का आसान कैच टपका दिया। अर्शदीप ने विल यंग (09) को आउट करके भारत को पहली सफलता दिलाई। यंग ने पुल शॉट खेलने की कोशिश में गेंद को हवा में उछाल दिया जिसे श्रेयस अय्यर कैच किया। हेनरी निकोल्स (09) ज्यादा सहज नहीं दिखे और वह पुल शॉट लगाने की कोशिश में धीर को कैच दे बैठे, जिन्होंने इस बार कोई गलती नहीं की। सीफर्ट ने नबी की गेंद पर छक्का जड़ा लेकिन गुरनूर की शॉर्ट पिच गेंद को उन्होंने हवा में लहरा दिया जिसे सब्सीट्यूट रुतुराज गायकवाड़ ने मिड-ऑन पर आसानी से लपक लिया। गुरनूर ने लैथम को ज्यादा देर तक नहीं टिकने दिया। चार विकेट गिरने के बाद न्यूजीलैंड बैकफुट पर चला गया। शानदार फॉर्म में चल रहे डैरिल मिचेल (28) और फिलिप्स की जोड़ी से लड़खड़ाती पारी को संभालने की उम्मीद थी। लेकिन रोहित शर्मा की सतर्कता और केएल राहुल के प्रयास से मिचेल रन आउट हो गए। न्यूजीलैंड की आधी टीम 100 से कम के स्कोर पर पवेलियन लौट चुकी थी, ऐसे में कंबोज ने डॉट गेंदों की संख्या बढ़ाकर और दो विकेट लेकर दबाव और बढ़ा दिया। कंबोज ने कप्तान सैंटनर और स्मिथ को पवेलियन भेजा। इसके बाद टिकनर ने अर्शदीप के आखिरी ओवर में तीन छक्के जड़े।
विराट कोहली के अर्धशतक से टीम इंडिया का ODI सीरीज में शानदार आगाज, न्यूजीलैंड को 5 विकेट से चटाई धूल
न्यूजीलैंड दौरे पर टीम इंडिया का शानदार प्रदर्शन जारी है। टीम इंडिया ने 5 मैचों की ODI सीरीज में धमाकेदार आगाज किया है। भारतीय टीम ने बारिश से प्रभावित पहले ODI में न्यूजीलैंड को 5 विकेट से मात दी।
बर्थडे स्पेशल: विराट कोहली के 38वें जन्मदिन पर जानें उनके शरीर पर बने 13 'टैटू' का राज
भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व कप्तान और दिग्गज बल्लेबाज विराट कोहली गुरुवार को 38 साल के हो जाएंगे।
आईसीसी की तरफ से जारी गई लेटेस्ट टेस्ट गेंदबाजों की रैंकिंग में नंबर-1 की पोजीशन पर एकबार फिर से ऑस्ट्रेलियाई गेंदबाज मिचेल स्टार्क ने कब्जा कर लिया है, जिसमें उन्होंने मार्को यान्सन को पीछे छोड़ा है।
'मैं अब युवा नहीं रही, बीडब्ल्यूएफ वर्ल्ड टूर फाइनल के लिया ब्रेक': पीवी सिंधु
ओलंपिक पदक विजेता पीवी सिंधु बीडब्ल्यूएफ वर्ल्ड टूर फाइनल के लिए क्वालीफाई कर लिया है। सिंधु इस टूर्नामेंट के लिए ही ब्रेक लिया था।
'मैं अब युवा नहीं रही, बीडब्ल्यूएफ वर्ल्ड टूर फाइनल से लिया ब्रेक': पीवी सिंधु
नई दिल्ली, 4 नवंबर (आईएएनएस)। ओलंपिक पदक विजेता पीवी सिंधु बीडब्ल्यूएफ वर्ल्ड टूर फाइनल के लिए क्वालीफाई कर लिया है। सिंधु इस टूर्नामेंट के लिए ही ब्रेक लिया था।
6,6,6...गेंदबाज ने बल्ले से काटा गदर! 23 साल पुराना रिकॉर्ड ध्वस्त
न्यूजीलैंड के आखिरी बल्लेबाज ब्लेयर टिकनर ने भारतीय गेंदबाजों को मुश्किल में डालने का काम किया. उन्होंने अर्शदीप सिंह के 38वें ओवर में तीन छक्के जड़कर एक खास रिकॉर्ड अपने नाम कर लिया है. इसके साथ ही 23 साल पुराना एक बड़ा रिकॉर्ड तोड़ने में सफलता भी हासिल की.
BWF के 25 सेकंड Shot Clock नियम की होगी समीक्षा, PV Sindhu ने जताई निष्पक्षता पर चिंता
दो बार की ओलंपिक पदक विजेता पी वी सिंधू ने बुधवार को कहा कि बैडमिंटन विश्व महासंघ की 25 सेकंड ‘शॉट क्लॉक’ पहल की समीक्षा की जायेगी क्योंकि उन्होंने और कई अन्य खिलाड़ियों ने इसकी निष्पक्षता को लेकर विश्व ईकाई से शिकायत की है। ‘शॉट क्लॉक’ को इस साल बीडब्ल्यूएफ विश्व टूर के चुनिंदा टूर्नामेंटों में प्रायोगिक आधार पर इस्तेमाल किया गया। इसके तहत खिलाड़ी को एक रेली खत्म होने के बाद सर्विस के लिये तैयार होने के लिये 25 सेकंड का समय दिया जाता है। सिंधू ने एक वर्चुअल बातचीत में कहा ,‘‘ काफी उतार चढाव देखे गए हैं। कुछ लोगों के लिये यह अभी भी नया है और कई बार कुछ अंपायर काफी सख्त होते हैं। पीले कार्ड और लाल कार्ड भी देखे जा रहे हैं।’’ उन्होंने कहा ,‘‘ हमें 25 सेकंड शॉट क्लॉक की आदत पड़ रही है। अब तक सात टूर्नामेंट हो चुके हैं और काफी सुधार देखा गया है। दोनों अंपायरों और खिलाड़ियों के लिये इसे समझना कठिन है क्योंकि कई बार सामने वाला खिलाड़ी तैयार हो जाता है लेकिन सर्विस करने वाला खिलाड़ी नहीं। कई बार इसके उलट होता है।’’ उन्होंने कहा ,‘‘ इसे समझने में थोड़ा समय लगा है। कई बार पांच या सात सेकंड बचे होते हैं और अंपायर कहते हैं कि आपका प्रतिद्वंद्वी तैयार है, आप क्यो नहीं। लेकिन अभी सात सेकंड बचे होते हैं। इस पर काफी बात हुई है।’’ बीडब्ल्यूएफ खिलाड़ियों के आयोग की अध्यक्ष सिंधू ने कहा कि उन्होंने खिलाड़ियों की चिंता से बीडब्ल्यूएफ को अवगत करा दिया है और इस व्यवस्था की समीक्षा की जायेगी। उन्होंने कहा ,‘‘ बीडब्ल्यूएफ में खिलाड़ियों के आयोग की अध्यक्ष के तौर पर मैंने अपनी बात रखी है और अपने विचार साझा किए हैं। खिलाड़ी मेरे पास आए थे और उन्होंने मुझे अपनी भावनाएं बताई। मैंने देखा है कि अंपायर अब इस बात का ध्यान रख रहे हैं कि इसका सही तरीके से इस्तेमाल हो। काफी बदलाव आए हैं और अंपायर भी बातों को समझ रहे हैं।’’
आखिरी विकेट लेने में देरी पर अर्शदीप ने जताया अफसोस, कहा- हम थोड़े लालची हो गए
भारतीय तेज गेंदबाज अर्शदीप सिंह ने कहा है कि बुधवार को ऑकलैंड के ईडन पार्क में पहले वनडे में न्यूजीलैंड की पारी के आखिरी ओवरों में विकेट लेने की कोशिश में हम थोड़े लालची हो गए थे।
भारत की स्टार बैडमिंटन खिलाड़ी पीवी सिंधु ने BWF वर्ल्ड टूर फाइनल्स के लिए क्वालिफाई कर लिया है। यह टूर्नामेंट 9 से 13 दिसंबर तक चीन के होंगझोउ में खेला जाएगा। सिंधु 2021 के बाद पहली बार इस टूर्नामेंट में खेलेंगी। वे 2021 में इसकी उपविजेता रही थीं। 2022 में क्वालिफाई करने के बाद नाम वापस लिया था सिंधु ने 2018 में ग्वांगझोउ में BWF वर्ल्ड टूर फाइनल्स का खिताब जीता था। उन्होंने फाइनल में जापान की नोजोमी ओकुहारा को हराया था। इससे पहले 2017 में वे वर्ल्ड सुपरसीरीज फाइनल्स की उपविजेता रही थीं। 2019 और 2020 में सिंधु ग्रुप स्टेज से आगे नहीं बढ़ सकी थीं। 2021 में उन्होंने फाइनल में जगह बनाई, लेकिन दक्षिण कोरिया की एन से-युंग से हार गईं। 2022 में भी सिंधु ने क्वालिफाई किया था, लेकिन बाएं टखने में स्ट्रेस फ्रैक्चर के कारण नाम वापस लेना पड़ा। इसके बाद वे 2023 से 2025 तक इस टूर्नामेंट में नहीं खेलीं। विमेंस सिंगल्स में 8 खिलाड़ियों को जगह मिलती है विमेंस सिंगल्स में 8 खिलाड़ियों को जगह मिलती है। इनमें से सिंधु समेत 5 खिलाड़ी क्वालिफाई कर चुकी हैं। साउथ कोरिया की एन से-युंग, जापान की अकाने यामागुची और चीन की वांग झी यी और चेन यू फेई ने भी जगह पक्की कर ली है। बाकी 3 स्थानों के लिए 6 खिलाड़ियों के बीच मुकाबला है। इस सीजन 2 खिताब और एक फाइनल के दम पर बनाई जगह सिंधु ने 2026 में अब तक शानदार प्रदर्शन किया है। उन्होंने जुलाई में जापान ओपन का खिताब जीता। 19 जुलाई को खेले गए फाइनल में सिंधु ने जापान की अकाने यामागुची को 21-17, 21-17 से हराया। इसके बाद अक्टूबर में वे फ्रेंच ओपन के फाइनल में पहुंचीं। हालांकि, खिताबी मुकाबले में उन्हें एन से-युंग के खिलाफ 21-16, 11-21, 12-21 से हार का सामना करना पड़ा। सिंधु ने इसके एक हफ्ते बाद जर्मनी में हाइलो ओपन का खिताब जीतकर वापसी की। उन्होंने फाइनल में डेनमार्क की लाइन हजमार्क क्यार्सफेल्ड को 39 मिनट में 21-12, 21-14 से हराया। हाइलो ओपन में एक भी गेम नहीं गंवाया सिंधु ने हाइलो ओपन में लगातार 5 मैच जीते और पूरे टूर्नामेंट में एक भी गेम नहीं गंवाया। दूसरी वरीयता प्राप्त सिंधु ने सेमीफाइनल में भारत की अनमोल खरब को 21-13, 21-16 से हराया था। इसके बाद फाइनल में आठवीं वरीयता प्राप्त क्यार्सफेल्ड को सीधे गेम में मात दी। इस सुपर 500 टूर्नामेंट का खिताब जीतने पर सिंधु को 9,200 रैंकिंग पॉइंट मिले। जापान ओपन और हाइलो ओपन के खिताब के साथ फ्रेंच ओपन के फाइनल तक पहुंचने से उनकी क्वालिफिकेशन मजबूत हुई। वर्ल्ड रैंकिंग में छठे और टूर रेस में पांचवें नंबर पर ताजा BWF वर्ल्ड रैंकिंग में सिंधु 74,421 पॉइंट के साथ छठे स्थान पर हैं। दिसंबर 2022 के बाद यह उनकी सर्वश्रेष्ठ रैंकिंग है। वर्ल्ड टूर फाइनल्स के लिए अलग रेस रैंकिंग होती है। इसमें सिंधु 81,060 पॉइंट के साथ पांचवें स्थान पर हैं। नियमित वर्ल्ड रैंकिंग में पिछले 52 हफ्तों का प्रदर्शन गिना जाता है, जबकि वर्ल्ड टूर रेस में मौजूदा सीजन के सर्वश्रेष्ठ 14 टूर्नामेंट के पॉइंट शामिल होते हैं। एक देश से अधिकतम 2 खिलाड़ी क्वालिफाई कर सकते हैं। सिंधु बोलीं- जीत से मिला आत्मविश्वास हाइलो ओपन का खिताब जीतने के बाद सिंधु ने कहा था, इस जीत से मुझे काफी बढ़ावा और बहुत सारा आत्मविश्वास मिला है। होंगझोउ में होने वाले वर्ल्ड टूर फाइनल्स की कुल इनामी राशि 35 लाख डॉलर (करीब 29 करोड़ रुपए) है। 8 खिलाड़ियों को 4-4 के दो ग्रुप में बांटा जाएगा। राउंड रॉबिन मुकाबलों के बाद हर ग्रुप की टॉप-2 खिलाड़ी सेमीफाइनल में पहुंचेंगी। सिंधु अब 8 साल बाद दूसरी बार यह खिताब जीतने के इरादे से उतरेंगी।
आईसीसी रैंकिंग में अभिषेक शर्मा नंबर वन, श्रेयस अय्यर ने भी मारी लंबी छलांग
भारत और न्यूजीलैंड के बीच टी20 इंटरनेशनल सीरीज के बाद आईसीसी की ओर से नई रैंकिंग जारी कर दी गई है। अभिषेक शर्मा पहले नंबर पर बने हुए हैं। ईशान किशन तीसरे पर हैं। श्रेयस अय्यर ने भी दो स्थानों की छलांग मारी है।
गर्लफ्रेंड के लिए किया खास डांस सेलिब्रेशन, अर्शदीप सिंह ने खुद खोला अनोखे जश्न का राज
न्यूजीलैंड के खिलाफ पहले वनडे मैच में भारतीय टीम की तरफ से तेज गेंदबाज अर्शदीप सिंह ने शानदार बॉलिंग करने के साथ कुल 4 विकेट हासिल किए तो वहीं उन्होंने अपने खास सेलिब्रेशन स्टाइल को लेकर न्यूजीलैंड की पारी सिमटने के बाद दिए बयान में इसका खुलासा भी किया।
Women's Asian Champions Trophy: भोपाल में 19 नवंबर को मलेशिया से भिड़ेगी भारतीय टीम
नयी दिल्ली, चार नवंबर भारतीय महिला हॉकी टीम एशियाई चैंपियंस ट्रॉफी (एसीटी) में लगातार तीसरा और कुल मिलाकर चौथा खिताब जीतने की कवायद में 19 नवंबर से भोपाल में शुरू होने वाले छह देशों के टूर्नामेंट में मलेशिया के खिलाफ अपने अभियान की शुरुआत करेगी। यह टूर्नामेंट भोपाल के नाथू बरखेड़ा स्थित अंतरराष्ट्रीय खेल परिसर में बने नए हॉकी स्टेडियम में खेला जाएगा। इसमें भारत, जापान, चीन, मलेशिया, थाईलैंड और दक्षिण कोरिया की टीमें भाग लेंगी। पिछले महीने जापान में एशियाई खेलों में ऐतिहासिक स्वर्ण पदक जीतने के बाद भारतीय महिला हॉकी टीम का यह पहला टूर्नामेंट होगा। भारतीय टीम ने 2016, 2023 और 2024 में एशियाई चैंपियंस ट्रॉफी का खिताब जीता था। टूर्नामेंट राउंड-रॉबिन प्रारूप में खेला जाएगा, जिसमें प्रत्येक टीम अन्य पांच टीमों से एक बार भिड़ेंगी। लीग चरण के अंत में शीर्ष पर रहने वाली चार टीमें सेमीफाइनल में पहुंचेंगी। एशिया की शीर्ष रैंकिंग वाली टीम चीन 19 नवंबर को थाईलैंड के खिलाफ अपने अभियान की शुरुआत करेगी। भारत इसी दिन मलेशिया का सामना करेगा। भारतीय टीम इसके बाद 21 नवंबर को दक्षिण कोरिया, 22 नवंबर को थाईलैंड, 24 नवंबर को चीन और 25 नवंबर को जापान का सामना करेगी। पांचवें और छठे स्थान के लिए होने वाला क्वालिफिकेशन मैच तथा दोनों सेमीफाइनल मैच 27 नवंबर को होंगे। फाइनल और तीसरे स्थान का मैच 28 नवंबर को खेले जाएंगे। हॉकी इंडिया के अध्यक्ष दिलीप टिर्की ने कहा, ‘‘मुझे खुशी है कि भोपाल एशियाई चैंपियंस ट्रॉफी की मेजबानी करेगा। मुझे उम्मीद है कि भारतीय टीम एशियाई खेलों की अपनी सफलता काे आगे बढ़ाते हुए अपने खिताब का बचाव करने में सफल रहेगी।’’
इंडिया और न्यूज़ीलैंड के बीच ODI सीरीज़ चल रही है। ODI सीरीज़ आज से शुरू हो गई है। पहले मैच के लिए शुभमन गिल ने टॉस जीता। शुभमन गिल ने पहले बॉलिंग करने का फ़ैसला किया। न्यूज़ीलैंड की टीम पहले बैटिंग करते हुए अच्छा नहीं कर पाई है। हालाँकि, इंडियन बॉलर्स ने कमाल का काम किया है। लेकिन रोहित शर्मा और विराट कोहली ने सबका ध्यान खींचा है। ईडन पार्क में विराट कोहली के नाथन स्मिथ के जादुई कैच ने सबको हैरान कर दिया है। 'किंग' कोहली की यह ज़बरदस्त फील्डिंग 29वें ओवर में हुई। नाथन स्मिथ बैटिंग कर रहे थे, जबकि इंडिया के लिए अंशुल कंबोज बॉलिंग कर रहे थे। कंबोज ने ओवर की तीसरी बॉल थोड़ी आगे फेंकी, जो छठे विकेट की लाइन पर विकेटों के बाहर लग रही थी। स्मिथ बॉल को रोकने के लिए डिफेंसिव तरीके से आगे बढ़े, लेकिन बॉल बल्ले का बाहरी किनारा लेकर सेकंड स्लिप की तरफ़ चली गई। वहाँ खड़े विराट कोहली ने कोई गलती नहीं की। उन्होंने राइट हैंडेड फ़्लिक से एक हाथ से शानदार कैच पकड़ा और सबको हैरान कर दिया। इससे पहले, रोहित शर्मा ने भी कुछ ऐसा ही किया था। न्यूजीलैंड की पारी के 22वें ओवर की पहली गेंद पर, जिसे भारत के अक्षर पटेल ने फेंका था, ग्लेन फिलिप्स ने लेग साइड में हल्का हिट मारकर रन बनाने की कोशिश की। मिशेल शुरू में रन लेने में हिचकिचाते दिखे, लेकिन फिर उन्होंने दौड़ना शुरू कर दिया। मिड-विकेट पर फील्डिंग कर रहे रोहित शर्मा तेज़ी से गेंद की तरफ बढ़े, उसे पकड़ने के लिए कूदे और हवा में विकेटकीपर केएल राहुल की तरफ फेंका, जिन्होंने तुरंत गेंद स्टंप्स पर मार दी। इसके बाद फैसला थर्ड अंपायर के पास गया और रिप्ले देखने के बाद पता चला कि डेरिल मिशेल एक सेकंड की देरी से भी क्रीज पर पहुंच सकते थे। 39 साल की उम्र में भी रोहित शर्मा की असरदार फील्डिंग ने मिशेल को पवेलियन वापस भेजने में अहम भूमिका निभाई। इसका वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है।
IND vs NZ: गिल, रोहित और विराट को मैच शुरू होने से पहले मिली 'ब्लैक जर्सी'; लेकिन जानें क्यों?
PC: TV9 न्यूजीलैंड के खिलाफ पांच मैचों की वनडे सीरीज के पहले मैच के लिए जब भारतीय टीम ऑकलैंड के ईडन पार्क पहुंची, तो तीन भारतीय दिग्गजों ने एक खास पल का अनुभव किया। भारतीय कप्तान शुभमन गिल, पूर्व कप्तान रोहित शर्मा और महान बल्लेबाज विराट कोहली को न्यूजीलैंड के एक दिग्गज ने काली जर्सी गिफ्ट की। इन जर्सियों पर रोहित, विराट और गिल के नाम थे, लेकिन वे क्रिकेट जर्सी नहीं थीं। देखिए ये जर्सी देने के पीछे क्या वजह है… ऑकलैंड में पहला वनडे शुरू होने से पहले विराट कोहली, शुभमन गिल और रोहित शर्मा न्यूजीलैंड के एक रग्बी दिग्गज से मिले। ऑल ब्लैक्स के दिग्गज केवन मेलमू ने इन तीनों भारतीय दिग्गजों को पर्सनलाइज्ड जर्सी गिफ्ट कीं। यह जानकारी खुद BCCI ने दी। BCCI ने अपने ऑफिशियल अकाउंट पर लिखा, “मैच शुरू होने से पहले एक खास पल। कप्तान शुभमन गिल, विराट कोहली और रोहित शर्मा ने न्यूजीलैंड के रग्बी दिग्गज केवन मेलमू से मुलाकात की और पर्सनलाइज्ड रग्बी जर्सी प्राप्त की।” जिस मैदान पर भारतीय टीम अपना पहला वनडे खेल रही है, वह असल में क्रिकेट स्टेडियम नहीं है। यह ग्राउंड रग्बी के लिए जाना जाता है और यहां फुटबॉल भी खेला जाता है। हालांकि, क्रिकेट के लिए 'ड्रॉप-इन पिच' का इस्तेमाल किया जाता है। इस वजह से यहां की बाउंड्री बहुत छोटी हैं। ICC के स्टैंडर्ड के हिसाब से भी बाउंड्री का साइज़ बहुत छोटा है, लेकिन फिर भी यहां मैच होते हैं क्योंकि इस ग्राउंड को पहले ही क्रिकेट का दर्जा दिया जा चुका है। न्यूज़ीलैंड में क्रिकेट से ज़्यादा रग्बी पॉपुलर है। जैसे भारत में क्रिकेट को सबसे ज़रूरी खेल माना जाता है, वैसे ही न्यूज़ीलैंड में रग्बी को माना जाता है। केवन मेलमू ने 133 मैच खेले। वह बहुत पहले रिटायर हो गए थे, लेकिन न्यूज़ीलैंड में वह आज भी फेमस हैं। इस बीच, विराट, रोहित और गिल की तिकड़ी को देखने के लिए हर कोई बेताब है। विराट और रोहित इस खेल के लेजेंड हैं, जबकि गिल भी अपना पोटेंशियल दिखा रहे हैं और अब वह कैप्टन हैं, इसलिए उन्हें भी लेजेंड कहना गलत नहीं होगा। वह ODI क्रिकेट में दो डबल सेंचुरी बनाने वाले दुनिया के सिर्फ़ दूसरे बैट्समैन हैं। रोहित ने ODI क्रिकेट में तीन डबल सेंचुरी बनाई हैं।
IND vs NZ: विराट कोहली ने तोड़ा एमएस धोनी का ये बड़ा रिकॉर्ड, कर डाला बड़ा कारनामा
इंटरनेट डैस्क। भारत और न्यूजीलैंड के बीच पांच मैचों की वनडे सीरीज शुरू होे चुकी हैं और आज दोनों टीमों के बीच पहला वनडे खेला जा रहा है। न्यूजीलैंड ने पहले बल्लेबाजी करते हुए टीम इंडिया 186 रन का टारगेट दिया। इस मैच में भारतीय गेंदबाजों का अच्छा प्रदर्शन देखने को मिला है। इसके साथ ही इस मैच में विराट कोहली ने एक शानदार कैच भी लपका है। इस कैच के बाद उनकी चौतरफा तारीफ हो रही हैं। 37 साल की उम्र में खेल के मैदान पर ऐसा प्रदर्शन काबिले तारीफ है। बता दें कि इस कैच के दम पर ही उन्होंने एक रिकॉर्ड भी बनाया है। धोनी का रिकॉर्ड तोड़ा भारतीय टीम के पूर्व कप्तान विराट कोहली न्यूजीलैंड में कैच लेने वाले सबसे उम्रदराज भारतीय खिलाड़ी बन गए हैं। उन्होंने एमएस धोनी का रिकॉर्ड तोड़ा। एमएस धोनी ने 37 साल और 218 दिन की उम्र में न्यूजीलैंड में कैच लिया था लेकिन अब ये रिकॉर्ड कोहली के नाम हो गया है। उन्होंने 37 साल 364 दिन की उम्र में न्यूजीलैंड में कैच लपका। PC- cricinfo.com
किंग कोहली की ऐतिहासिक उपलब्धि, वनडे में एक और बड़े रिकॉर्ड पर किया कब्जा
वनडे क्रिकेट में विराट कोहली ने एक ऐसी उपलब्धि अपने नाम की है जो अब तक कोई भी दूसरा खिलाड़ी नंबर-3 की बल्लेबाजी पोजीशन पर बल्लेबाजी करते हुए करने में कामयाब नहीं हो सका था।
Arshdeep Singh और भारतीय तेज गेंदबाजों का कहर, पहले वनडे में New Zealand 185 पर ऑलआउट
ऑकलैंड, चार नवंबर तेज गेंदबाज अर्शदीप सिंह, गुरनूर बराड़ और अंशुल कंबोज ने अनुकूल परिस्थितियों में मिलकर नौ विकेट लिए जिससे भारत ने बुधवार को यहां न्यूजीलैंड को पहले एकदिवसीय अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट मैच में 185 रन पर ढेर कर दिया। न्यूजीलैंड की टीम अपने पूरे 50 ओवर भी नहीं खेल पाई और 40.2 ओवर में सिमट गई। भारतीय कप्तान शुभमन गिल ने टॉस जीतकर न्यूजीलैंड की टीम को पहले बल्लेबाजी के लिए आमंत्रित किया। जसप्रीत बुमराह, मोहम्मद सिराज और प्रसिद्ध कृष्णा के कार्यभार प्रबंधन और चोट के कारण नहीं खेलने के बावजूद भारत के कम अनुभवी तेज गेंदबाजी आक्रमण ने बेहतरीन प्रदर्शन किया। भारतीय तेज गेंदबाजों ने बादल छाए रहने और पिच से मिल रहे मूवमेंट का पूरा फायदा उठाया। अर्शदीप महंगे साबित हुए लेकिन वह सबसे सफल गेंदबाज रहे। उन्होंने 70 रन देकर चार विकेट लिए। गुरनूर (44 रन देकर तीन) और कंबोज (10 ओवर में 22 रन देकर दो) ने उनका अच्छा साथ दिया। न्यूजीलैंड की तरफ से टिम सीफर्ट ने सर्वाधिक 38 रन बनाए जबकि 11वें नंबर के बल्लेबाज ब्लेयर टिकनर ने तूफानी अंदाज में बल्लेबाजी करते हुए चार छक्कों की मदद से 34 और ग्लेन फिलिप्स ने 30 रन का योगदान दिया। मैदान के छोटे होने के कारण बल्लेबाज फायदे में नजर आ रहे थे लेकिन अर्शदीप ने एकदम सही लेंथ पर गेंदबाजी की जबकि गुरनूर और कंबोज में बीच के ओवरों में शानदार प्रदर्शन किया। अंशुल ने बेहद किफायती गेंदबाजी की। उनकी 48 गेंद पर कोई रन नहीं बना। अर्शदीप ने पावरप्ले के अंदर दो विकेट लिए। न्यूजीलैंड पहले 10 ओवरों में दो विकेट खोकर 45 रन ही बना पाया। गुरनूर के दो विकेट में टॉम लैथम का विकेट भी शामिल था जिनका उन्होंने अपनी ही गेंद पर एक हाथ से रिटर्न कैच लिया। औकिब नबी का भाग्य ने साथ नहीं दिया क्योंकि उनकी गेंद पर नमन धीर ने मिड विकेट पर सीफर्ट का आसान कैच टपका दिया। अर्शदीप ने विल यंग (09) को आउट करके भारत को पहली सफलता दिलाई। यंग ने पुल शॉट खेलने की कोशिश में गेंद को हवा में उछाल दिया जिसे श्रेयस अय्यर कैच किया। हेनरी निकोल्स (09) ज्यादा सहज नहीं दिखे और वह पुल शॉट लगाने की कोशिश में धीर को कैच दे बैठे, जिन्होंने इस बार कोई गलती नहीं की। सीफर्ट ने नबी की गेंद पर छक्का जड़ा लेकिन गुरनूर की शॉर्ट पिच गेंद को उन्होंने हवा में लहरा दिया जिसे सब्सीट्यूट रुतुराज गायकवाड़ ने मिड-ऑन पर आसानी से लपक लिया। गुरनूर ने लैथम को ज्यादा देर तक नहीं टिकने दिया। चार विकेट गिरने के बाद न्यूजीलैंड बैकफुट पर चला गया। शानदार फॉर्म में चल रहे डैरिल मिचेल (28) और फिलिप्स की जोड़ी से लड़खड़ाती पारी को संभालने की उम्मीद थी। लेकिन रोहित शर्मा की सतर्कता और केएल राहुल के प्रयास से मिचेल रन आउट हो गए। न्यूजीलैंड की आधी टीम 100 से कम के स्कोर पर पवेलियन लौट चुकी थी, ऐसे में कंबोज ने डॉट गेंदों की संख्या बढ़ाकर और दो विकेट लेकर दबाव और बढ़ा दिया। कंबोज ने कप्तान मिचेल सैंटनर और नाथन स्मिथ को पवेलियन भेजा। इसके बाद टिकनर ने अर्शदीप के आखिरी ओवर में तीन छक्के जड़े।
केविन मीलामू : विराट, रोहित और गिल को दी ऑल ब्लैक्स जर्सी
ऑकलैंड, न्यूजीलैंड के खिलाफ पहले वनडे से पूर्व भारतीय खिलाड़ियों कप्तान शुभमन गिल, विराट कोहली और रोहित शर्मा को न्यूजीलैंड के पूर्व महान रग्बी खिलाड़ी केविन मीलामू से पर्सनलाइज्ड ऑल ब्लैक्स जर्सी दी।
विराट कोहली ने स्लिप में पकड़ा अद्भुत, ध्वस्त किया एमएस धोनी का रिकॉर्ड, देखें VIDEO
न्यूजीलैंड के खिलाफ ऑकलैंड के मैदान पर पहले वनडे मैच में विराट कोहली का फील्डिंग में जलवा देखने को मिला जिसमें उन्होंने स्लिप में नाथन स्मिथ का शानदार कैच पकड़कर सभी को चौंका दिया।
IND vs NZ: 39 साल की उम्र में रोहित शर्मा की बिजली जैसी फील्डिंग, डेरिल मिशेल को किया रन आउट; विराट ने भी लपका शानदार कैच
इंटरनेट डेस्क। साल 2027 में वनडे वर्ल्ड कप होने जा रहा है और इस वर्ल्ड कप को लेकर अभी से दुनियाभर के क्रिकेट फैन्स में जबरदस्त उत्साह देखने को मिल रहा है। टूर्नामेंट के टिकटों के लिए अब तक 12 करोड़ से ज्यादा रिक्वेस्ट मिल चुकी हैं। इंटरनेशनल क्रिकेट काउंसिल के मुताबिक, 193 देशों के करीब 28 लाख फैन्स ने टिकट बैलेट के लिए अपनी दिलचस्पी दर्ज कराई है। टिकटों की यह मांग टूर्नामेंट के बड़े मुकाबलों तक सीमित नहीं है, बल्कि अलग-अलग मैचों के लिए भी फैन्स ने आवेदन किए हैं। 2027 का वनडे वर्ल्ड कप 24 साल बाद अफ्रीकी धरती पर वापसी करेगा। इस बार साउथ अफ्रीका, जिम्बाब्वे और नामीबिया संयुक्त रूप से टूर्नामेंट की मेजबानी करेंगे। इस इवेंट में 14 टीमें हिस्सा लेंगी और कुल 57 मुकाबले खेले जाएंगे। मैचों का आयोजन तीन देशों के 12 शहरों में होगा। भारत-पाकिस्तान मैच के लिए सबसे ज्यादा दीवानगी वर्ल्ड कप में भारत और पाकिस्तान की भिड़ंत को लेकर फैन्स का उत्साह आंकड़ों में भी नजर आ रहा है। 10 अक्टूबर को जोहानिसबर्ग के वांडरर्स स्टेडियम में होने वाले इस मुकाबले के लिए 83,97,294 टिकट रिक्वेस्ट मिली हैं। वहीं, 21 नवंबर को इसी मैदान पर होने वाले फाइनल के लिए 79,00,944 आवेदन आए हैं। pc- india tv hindi
पूर्व भारतीय बल्लेबाज सुरेश रैना ने चेन्नई सुपर किंग्स (CSK) के कोचिंग स्टाफ से जुड़ने की इच्छा जताई है। उन्होंने फ्रेंचाइजी से कोचिंग में जगह देने की मांग भी की है। हालांकि, अब तक उन्हें इस बारे में कोई जवाब नहीं मिला है। रैना ने CSK में पूर्व साथी रहे रविचंद्रन अश्विन के यूट्यूब चैनल पर बातचीत के दौरान यह बात कही। उन्होंने कहा- ‘मैंने अपनी इच्छा बता दी है और अब फैसला CSK को करना है। मेरे लिए सबसे अहम बात चेन्नई के साथ रहना और टीम को ट्रॉफी जिताने में मदद करना है।’ रैना ने CSK के लिए सबसे ज्यादा रन बनाए रैना को उनके IPL प्रदर्शन के कारण 'मिस्टर IPL' के नाम से जाना जाता है। संन्यास के बाद वे क्रिकेट एक्सपर्ट और कमेंटेटर के तौर पर काम कर रहे हैं। रैना 2008 के 2021 तक CSK से जुड़े रहे। बीच में जब CSK 2 साल के लिए सस्पेंड थी, तब 2016 और 2017 के सीजन में उन्होंने नई टीम गुजरात लायंस की कप्तानी की थी। रैना CSK के साथ धोनी की कप्तानी में IPL में 4 खिताब और 2 चैंपियंस लीग खिताब जीते। वे CSK के लिए सबसे ज्यादा रन बनाने वाले बल्लेबाज भी हैं। रैना ने तीनों फॉर्मेट मिलाकर भारत के लिए 322 मैच खेले रैना बोले- पीली जर्सी मेरे लिए बहुत मायने रखती है रैना ने कहा - ‘मैं CSK के साथ किसी भी भूमिका में काम करना पसंद करूंगा। मेरे लिए सबसे जरूरी है कि मैं खिलाड़ियों के साथ रहूं और वे ट्रॉफियां जीतें। पीला रंग हमारे लिए सब कुछ है।’ उन्होंने आगे कहा- ‘मैंने इंटरनेशनल क्रिकेट, IPL और वर्ल्ड कप खेले हैं। CSK के लिए काफी रन बनाए। कई फाइनल खेले, कुछ जीते और कुछ हारे। दबाव में मानसिक रूप से अपना बेस्ट देना सीखा। मैं अपना अनुभव खिलाड़ियों के साथ साझा करना चाहता हूं।’ रैना ने कहा- 'अब यह उनकी टीम है और हम दोनों (रैना और अश्विन) अब संन्यास ले चुके हैं।’ 17 साल बाद CSK ने हेड कोच बदला IPL 2027 से पहले चेन्नई सुपर किंग्स ने अपने कोचिंग स्टाफ में बड़े बदलाव किए। फ्रेंचाइजी ने स्टीफन फ्लेमिंग की जगह पूर्व भारतीय तेज गेंदबाज जहीर खान को टीम का नया हेड कोच बनाया। इसके अलावा मोहित शर्मा को गेंदबाजी कोच की जिम्मेदारी दी गई। इसके अलावा गैरेथ बैटी और एल्बी मोर्कल भी असिस्टेंट कोच के रूप में टीम से जुड़े हैं। स्टीफन फ्लेमिंग 2009 से 2026 तक टीम के हेड कोच रहे। फ्लेमिंग का CSK से जुड़ाव 2008 में खिलाड़ी के तौर पर शुरू हुआ था। यह पूरी खबर पढ़ें… --------------------------- स्पोर्ट्स की यह खबर भी पढ़ें… लिविंगस्टोन को ट्रेड करना चाहती है CSK:SRH ने अब तक फैसला नहीं लिया; 13 करोड़ में खरीदे गए थे इंग्लिश ऑलराउंडर चेन्नई सुपर किंग्स (CSK) इंग्लैंड के ऑलराउंडर लियम लिविंगस्टोन को ट्रेड करने की कोशिश में है। सनराइजर्स हैदराबाद (SRH) ने अभी इस प्रस्ताव पर फैसला नहीं लिया है। इस ट्रेड में एक से ज्यादा फ्रेंचाइजी और खिलाड़ी शामिल हो सकते हैं। पूरी खबर पढ़ें…
पूर्व भारतीय बल्लेबाज सुरेश रैना ने चेन्नई सुपर किंग्स (CSK) के कोचिंग स्टाफ से जुड़ने की इच्छा जताई है। उन्होंने फ्रेंचाइजी से कोचिंग में जगह देने की मांग भी की है। हालांकि, अब तक उन्हें इस बारे में कोई जवाब नहीं मिला है। रैना ने CSK में पूर्व साथी रहे रविचंद्रन अश्विन के यूट्यूब चैनल पर बातचीत के दौरान यह बात कही। उन्होंने कहा- 'मैंने अपनी इच्छा बता दी है और अब फैसला CSK को करना है।' रैना ने कहा कि वे टीम के साथ किसी भी भूमिका में जुड़ना चाहेंगे। उनके लिए सबसे अहम बात चेन्नई के साथ रहना और टीम को ट्रॉफी जिताने में मदद करना है। CSK के लिए 16-17 साल IPL खेले रैना रैना ने बातचीत में कहा- 'मैंने IPL में करीब 16-17 साल क्रिकेट खेला है। CSK के लिए काफी रन बनाए, फाइनल खेले और कई दबाव वाले मुकाबलों में टीम को संभाला। अब यह उनकी टीम है और हम दोनों (रैना और अश्विन) अब संन्यास ले चुके हैं।' रैना बोले- पील जर्सी मेरे लिए बहुत मायने रखती है रैना ने कहा कि CSK की पीली जर्सी उनके लिए बहुत मायने रखती है। उन्होंने कहा- ‘मैं उनके साथ किसी भी भूमिका में काम करना पसंद करूंगा। मेरे लिए सबसे जरूरी है कि मैं खिलाड़ियों के साथ रहूं और वे ट्रॉफियां जीतें। पीला रंग हमारे लिए सब कुछ है।’ उन्होंने आगे कहा- ‘मैंने इंटरनेशनल क्रिकेट, IPL और वर्ल्ड कप खेले हैं। कई फाइनल खेले, कुछ जीते और कुछ हारे। दबाव में मानसिक रूप से अपना बेस्ट देना सीखा। मैं अपना अनुभव खिलाड़ियों के साथ साझा करना चाहता हूं।’ 2027 IPL से पहले CSK के कोचिंग स्टाफ में बदलाव IPL 2027 से पहले चेन्नई सुपर किंग्स ने अपने कोचिंग स्टाफ में बड़े बदलाव किए हैं। स्टीफन फ्लेमिंग की जगह पूर्व भारतीय तेज गेंदबाज जहीर खान को टीम का नया हेड कोच बनाया गया है। वहीं, मोहित शर्मा को गेंदबाजी कोच की जिम्मेदारी मिली है। इसके अलावा गैरेथ बैटी और एल्बी मोर्कल भी असिस्टेंट कोच के रूप में टीम से जुड़े हैं। CSK के लिए सबसे ज्यादा रन बनाने वाले बल्लेबाज हैं रैना सुरेश रैना 2008 से 2021 तक CSK से जुड़े रहे। उन्होंने फ्रेंचाइजी के लिए IPL में 4 खिताब और 2 चैंपियंस लीग खिताब जीते। वे CSK के लिए टी-20 क्रिकेट में सबसे ज्यादा रन बनाने वाले बल्लेबाज भी हैं। रैना को उनके IPL प्रदर्शन के कारण 'मिस्टर IPL' के नाम से जाना जाता है। संन्यास के बाद वे क्रिकेट एक्सपर्ट और कमेंटेटर के तौर पर काम कर रहे हैं। अब वे CSK के कोचिंग सेटअप से जुड़कर अपना अनुभव टीम के साथ साझा करना चाहते हैं।
लंचेनबी चानू: यूथ ओलंपिक में कांस्य पदक जीतकर रचा इतिहास, वुशु में ऐसा करने वाली पहली भारतीय बनीं
भारतीय खिलाड़ी ने चांगक्वान स्पर्धा में 9.316 अंक हासिल कर दूसरा स्थान प्राप्त किया जबकि गुनशु स्पर्धा में 8.723 अंक के साथ वह तीसरे स्थान पर रहीं।
मैनचेस्टर यूनाइटेड ने तोड़ा लगातार हार का सिलसिला, रोमा को 3-2 से हराया
मैनचेस्टर, 4 नवंबर (आईएएनएस)। मैनचेस्टर यूनाइटेड ने दो गोल से पीछे रहने के बावजूद ओल्ड ट्रैफर्ड में शानदार वापसी करते हुए यूईएफए चैंपियंस लीग में रोमा को 3-2 से हराया। मैनचेस्टर यूनाइटेड ने इस जीत के साथ लगातार 9 मैचों में हार के सिलसिले को समाप्त किया।
बैलोन डी'ओर जीतने वाले इंग्लैंड के कप्तान हैरी केन ने खुलासा किया कि विराट कोहली का बधाई संदेश पाकर वह अभिभूत हो गए थे। कोहली ने उनकी मेहनत, धैर्य और ईमानदारी की तारीफ की थी।
IND vs NZ 1st ODI Live: न्यूजीलैंड की पारी शुरू, पहले ओवर में बने 6 रन; गिल ने चुनी गेंदबाजी
IND vs NZ 1st ODI Live: न्यूजीलैंड की पारी शुरू, पहले ओवर में बने 6 रन; गिल ने चुनी गेंदबाजी
भारत-पाकिस्तान वर्ल्ड कप मैच के टिकट के लिए 84 लाख से ज्यादा आवेदन, वीडियो में जाने स्टेडियम में सिर्फ 34 हजार सीटें; फाइनल से भी ज्यादा मांग
ओलिंपिक पदक विजेता पीवी सिंधु और मीराबाई चानू समेत 10 खिलाड़ी भारतीय ओलिंपिक संघ (IOA) के एथलीट्स कमीशन में निर्विरोध चुन लिए गए हैं। मंगलवार को रिटर्निंग ऑफिसर संजय के श्रीवास्तव ने सभी 10 सदस्यों के निर्वाचन की घोषणा की। इनमें 5 पुरुष और 5 महिला खिलाड़ी शामिल हैं। सभी का कार्यकाल 2026 से 2030 तक रहेगा। पूर्व एथलीट सुधा सिंह ने सोमवार देर रात अपनी उम्मीदवारी वापस ले ली थी। इससे पहले बैडमिंटन खिलाड़ी किदांबी श्रीकांत ने भी सोमवार को नामांकन वापस ले लिया था। इसके बाद 10 पदों के लिए 10 ही उम्मीदवार मैदान में बचे। ऐसे में 3 नवंबर को प्रस्तावित मतदान की जरूरत नहीं पड़ी। इनके अलावा एशियाई ओलंपिक परिषद (OCA) के एथलीट्स कमीशन के दो भारतीय प्रतिनिधि भी IOA कमीशन के पदेन सदस्य होंगे। इनमें उपाध्यक्ष शिवा केशवन और हाल ही में नियुक्त राजेश्वरी कुमारी शामिल हैं। ओलिंपिक और अन्य अंतरराष्ट्रीय पदक विजेताओं के लिए तय हैं सीटें IOA के चुनाव नियमों के मुताबिक, 10 सदस्यीय एथलीट्स कमीशन में 6 खिलाड़ी ऐसे होने चाहिए, जिन्होंने पिछले तीन ओलंपिक में से कम से कम एक में हिस्सा लिया हो। इनमें 3 पुरुष और 3 महिला खिलाड़ी शामिल हैं। बाकी 4 सीटें उन खिलाड़ियों के लिए हैं, जिन्होंने पिछले तीन एशियन गेम्स, कॉमनवेल्थ गेम्स, वर्ल्ड चैंपियनशिप/कप या नेशनल गेम्स में कम से कम एक पदक जीता हो। इस कैटेगरी में 2 पुरुष और 2 महिला खिलाड़ियों को जगह मिलनी है। ओलंपिक कैटेगरी के 6 सदस्य: पुरुष: हरमनप्रीत सिंह, साजन प्रकाश और तजिंदरपाल सिंह तूर। महिला: पीवी सिंधु, मीराबाई चानू और बॉम्बेला देवी। पदक विजेता कैटेगरी के 4 सदस्य: पुरुष: स्वप्निल कुसाले और मंजीत सिंह। महिला: सलीमा टेटे और भवानी देवी। सुधा सिंह और श्रीकांत के हटने से निर्विरोध हुआ चुनाव 16 अक्टूबर को रिटर्निंग ऑफिसर ने एथलीट्स कमीशन के चुनाव के लिए 34 मतदाताओं की सूची जारी की थी। ये प्रतिनिधि 17 राष्ट्रीय खेल महासंघों से चुने गए थे। हालांकि, सुधा सिंह और किदांबी श्रीकांत के नाम वापस लेने के बाद सभी 10 पदों पर एक-एक उम्मीदवार बचा। रिटर्निंग ऑफिसर ने कहा कि ऐसी स्थिति में चुनाव कराने का कोई औचित्य नहीं था। इसलिए मतदान रद्द कर दिया गया। मैरी कॉम की अध्यक्षता वाले पिछले एथलीट्स कमीशन में भी सिंधु, मीराबाई और भवानी देवी सदस्य थीं। तीनों इस बार भी कमीशन में जगह बनाने में सफल रहीं। 7 नवंबर को चेयरमैन और वाइस चेयरमैन का चुनाव नए चुने गए सदस्य अब एथलीट्स कमीशन के चेयरमैन और वाइस चेयरमैन का चुनाव करेंगे। दोनों पदों में एक पुरुष और एक महिला का चुना जाना जरूरी है। 4 और 5 नवंबर: उम्मीदवार नामांकन दाखिल करेंगे। 6 नवंबर: उम्मीदवारों की अंतिम सूची जारी होगी। 7 नवंबर: वर्चुअल मोड में मतदान होगा। चेयरमैन पद के लिए केवल ओलंपिक कैटेगरी के 6 सदस्य ही चुनाव लड़ सकेंगे। वहीं, शिवा केशवन और राजेश्वरी कुमारी समेत कुल 12 सदस्य इन चुनावों में वोट डालेंगे। हालांकि, OCA के दोनों प्रतिनिधि इन पदों के लिए उम्मीदवार नहीं बन सकते। एक सदस्य चेयरमैन-वाइस चेयरमैन के चुनाव या IOA जनरल बॉडी के दो प्रतिनिधियों के चुनाव में से किसी एक में ही उम्मीदवार बन सकता है। चेयरमैन और वाइस चेयरमैन बनेंगे IOA की कार्यकारी परिषद के सदस्य एथलीट्स कमीशन के चेयरमैन और वाइस चेयरमैन IOA की कार्यकारी परिषद (Executive Council) के सदस्य भी बनेंगे। इसके अलावा, कमीशन के दो प्रतिनिधि (एक पुरुष और एक महिला) IOA की जनरल बॉडी में मतदान के अधिकार के साथ शामिल होंगे। ये दोनों प्रतिनिधि 5 दिसंबर को होने वाले IOA की कार्यकारी परिषद के चुनाव में भी वोट डालेंगे। हॉकी खिलाड़ी सलीमा टेटे 24 साल की हैं। इसलिए वे चेयरमैन या वाइस चेयरमैन का चुनाव नहीं लड़ सकतीं। इन पदों के लिए न्यूनतम उम्र 25 साल है। हालांकि, जनरल बॉडी के दो प्रतिनिधियों के चुनाव में उम्मीदवार बनने के लिए न्यूनतम उम्र 18 साल है। इसलिए सलीमा इस चुनाव में दावेदारी पेश कर सकती हैं।
IND vs NZ 1st ODI LIVE SCORE: भारत बनाम न्यूजीलैंड पहला वनडे लाइव स्कोर, कुछ ही देर में होगा टॉस
भारत बनाम न्यूजीलैंड वनडे सीरीज का पहला मुकाबला आज ऑकलैंड में है। अब से कुछ ही देर बाद इसके लिए टॉस होगा। इस मैच का लाइव स्कोर और हिन्दी कमेंट्री आप यहां पर देख सकते हैं।
Live: भारत-NZ के बीच पहला ODI, बारिश की वजह से टॉस में देरी
IND vs NZ 1st ODI Live: भारत और न्यूजीलैंड के बीच पांच मैचों की वनडे सीरीज का पहला मुकाबला आज (4 नवंबर) ऑकलैंड में हैं. मुकाबला सुबह 7:30 पर शुरू होगा, उससे ठीक आधा घंटा पहले टॉस होगा.
भारत और न्यूजीलैंड के बीच 5 मैचों की वनडे सीरीज आज से शुरु हो रही है। इसका पहला मुकाबला आज ऑकलैंड के ईडन पार्क में सुबह 7:30 बजे से शुरू होगा। रोहित शर्मा और विराट कोहली एक बार फिर भारतीय जर्सी में खेलेंगे। वैसे यह मुकाबला हाई स्कोरिंग होने की पूरी संभावना है। इसकी वजह है ऑकलैंड का मैदान, जिसकी बाउंड्री सिर्फ 50-55 मीटर है। जनवरी 2020 के बाद ईडन पार्क में हुए 4 वनडे में से 3 पहले बल्लेबाजी करने वाली टीम ने जीते हैं। इस दौरान पहली पारी का औसत स्कोर 286 रन रहा है। भारत ने 63 बार वनडे में न्यूजीलैंड को हराया भारत और न्यूजीलैंड के बीच अब तक 123 वनडे मुकाबले खेले गए हैं। इनमें भारत ने 63 और न्यूजीलैंड ने 52 मैच जीते हैं। एक मुकाबला टाई रहा, जबकि 7 मैच बेनतीजा रहे। हालांकि, न्यूजीलैंड ने इसी साल भारत में हुई पिछली वनडे सीरीज 2-1 से जीती थी। श्रेयस अय्यर की वापसी होगी, कुलदीप-नमन में मुकाबला भारतीय टीम में श्रेयस अय्यर के नंबर-4 पर वापसी होने की पूरी संभावना है। वे उपकप्तान की जिम्मेदारी भी संभालेंगे। प्लेइंग-11 में नमन धीर और कुलदीप यादव में से किसी एक को मौका मिल सकता है। गिल को बीच के ओवरों में पुरानी गेंद से विकेट निकालने वाले गेंदबाज की जरूरत है। लंबे कद के तेज गेंदबाज गुरनूर बरार इस भूमिका में अहम हो सकते हैं। भारत इस सीरीज में जसप्रीत बुमराह और हार्दिक पंड्या के बिना उतरेगा। भारतीय कप्तान शुभमन गिल इस साल टीम के बेस्ट बल्लेबाज रहे हैं। उन्होंने 12 वनडे में 895 रन बनाए हैं। गेंदबाजी में गुरनूर बरार ने 9 मैचों में 14 विकेट लिए हैं। न्यूजीलैंड को चोटिल कॉनवे, चैपमैन और रचिन की कमी खलेगी न्यूजीलैंड की टीम मार्क चैपमैन और रचिन रविंद्र के बिना खेलेगी। वहीं, डेवोन कॉनवे ट्रेनिंग के दौरान मैट हेनरी से टकरा गए थे और पहले वनडे से बाहर हो गए हैं। उनकी जगह टिम साइफर्ट को टीम में शामिल किया गया है। न्यूजीलैंड के पास डैरिल मिचेल, ग्लेन फिलिप्स, टॉम लैथम और माइकल ब्रेसवेल जैसे बल्लेबाज हैं। गेंदबाजी में मिचेल सैंटनर, काइल जैमीसन और मैट हेनरी अहम भूमिका निभा सकते हैं। टीम के लिए इस साल डेरिल मिचेल ने सबसे ज्यादा रन बनाए हैं। उन्होंने 6 वनडे मैचों में 473 रन बनाए हैं। गेंदबाजी में माइकल ब्रेसवेल ने 8 मैचों में 9 विकेट चटकाए हैं। ऑकलैंड में तेज गेंदबाजों को मिल सकती है मदद ऑकलैंड के ईडन पार्क पर हवा और ठंड के कारण तेज गेंदबाजों को भी मदद मिल सकती है। भारतीय कप्तान गिल ने प्री-मैच प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा कि ऑकलैंड में तेज हवा और ठंडे मौसम के साथ तालमेल बैठाना चुनौती होगी। वहीं न्यूजीलैंड के कप्तान मिचेल सैंटनर ने भी पिच पर अच्छी उछाल मिलने की उम्मीद जताई है। दोनों टीमों की पॉसिबल प्लेइंग-11 भारत: रोहित शर्मा, शुभमन गिल (कप्तान), विराट कोहली, श्रेयस अय्यर (उपकप्तान), केएल राहुल (विकेटकीपर), अक्षर पटेल, नमन धीर/कुलदीप यादव, नीतीश कुमार रेड्डी, मोहम्मद सिराज, गुरनूर बरार, अर्शदीप सिंह। न्यूजीलैंड: टिम साइफर्ट, विल यंग, डैरिल मिचेल, टॉम लैथम (विकेटकीपर), ग्लेन फिलिप्स, माइकल ब्रेसवेल, मिचेल सैंटनर (कप्तान), नाथन स्मिथ, काइल जैमीसन, जैकब डफी, मैट हेनरी।
कुलदीप को खेलने का मौका न मिलना एक 'रहस्य', टीम मैनेजमेंट को उन पर भरोसा नहीं: मनिंदर सिंह
भारत के पूर्व बाएं हाथ के स्पिनर मनिंदर सिंह ने कुलदीप यादव को लगातार खेलने का मौका न मिलने को एक 'रहस्य' बताया है...
चिन्मय सुतार ने रणजी ट्रॉफी 2026-27 में इतिहास रच दिया है। उन्होंने 123 साल पुराना ऑस्ट्रेलियाई बल्लेबाज का वर्ल्ड रिकॉर्ड चकनाचूर कर दिया है।
खेल मंत्री Mansukh Mandaviya ने Doping रोकने के लिए NDTL की नई रिसर्च ग्रांट नीति शुरू की
खेलों में बेहतर प्रदर्शन के साथ खिलाड़ियों को प्रतिबंधित दवाओं के इस्तेमाल से बचाना भी भारत की प्राथमिकताओं में शामिल है। इसी दिशा में केंद्रीय युवा मामले एवं खेल मंत्री मनसुख मांडविया ने मंगलवार को नई दिल्ली में राष्ट्रीय डोप परीक्षण लैब (एनडीटीएल) की नई शोध अनुदान नीति शुरू की। इसका उद्देश्य खेलों में प्रतिबंधित पदार्थों का पता लगाने और उन्हें रोकने के लिए नई तकनीक विकसित करना तथा वैज्ञानिक शोध को बढ़ावा देना है। यह घोषणा 10वीं विश्व डोपिंग रोधी वैज्ञानिक संघ (डब्ल्यूएएडीएस) की गुणवत्ता आश्वासन प्रबंधकों की बैठक 2026 के दौरान की गई। 2 नवंबर से शुरू हुई यह 2 दिवसीय बैठक राष्ट्रीय डोप परीक्षण लैब की ओर से आयोजित की गई थी। इसमें खेल और विज्ञान जगत से जुड़े देश-विदेश के विशेषज्ञों और प्रतिनिधियों ने हिस्सा लिया। इस मौके पर खेल मंत्री ने एनडीटीएल के समाचार पत्र का भी शुभारंभ किया। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मनसुख मांडविया ने कहा कि भारत में डोपिंग को लेकर किसी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। देश चाहता है कि खिलाड़ियों को उनकी प्रतिभा, मेहनत और अनुशासन के आधार पर जीत मिले, न कि प्रतिबंधित दवाओं के सहारे। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में पिछले 2 वर्षों के दौरान खेलों को देश के विकास और निर्माण का एक महत्वपूर्ण हिस्सा माना गया है। भारत की खेल यात्रा अब एक नए दौर में पहुंच रही है। नई शोध अनुदान नीति के बारे में उन्होंने बताया कि इसके जरिए प्रतिबंधित पदार्थों की पहचान करने और उनके इस्तेमाल को रोकने के लिए आधुनिक तकनीकों पर शोध को बढ़ावा मिलेगा। इससे डोपिंग के खिलाफ भारत की वैज्ञानिक तैयारी मजबूत होगी। उन्होंने कहा कि केवल खिलाड़ियों की जांच करना ही काफी नहीं है, बल्कि उन्हें सही जानकारी देना और डोपिंग के खतरों के प्रति जागरूक करना भी जरूरी है। गौरतलब है कि भारत को 2030 में राष्ट्रमंडल खेलों की मेजबानी करनी है। इसके अलावा देश 2036 के ओलंपिक खेलों की मेजबानी हासिल करने की भी तैयारी कर रहा है। ऐसे बड़े आयोजनों को देखते हुए खेलों में पारदर्शिता और अंतरराष्ट्रीय नियमों का पालन करना बेहद जरूरी है। मांडविया ने कहा कि खिलाड़ियों, प्रशिक्षकों और चिकित्सा से जुड़े लोगों को प्रतिबंधित पदार्थों, कुछ पूरक आहारों से होने वाले नुकसान और डोपिंग रोधी नियमों की पूरी जानकारी होनी चाहिए। खेल मंत्री ने भारत में खेलों को बढ़ावा देने के लिए चल रही योजनाओं का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि खेलो इंडिया, फिट इंडिया और लक्ष्य ओलंपिक पोडियम योजना जैसी पहलों से देश में खेलों का माहौल मजबूत हुआ है। इन योजनाओं के जरिए युवाओं को आगे बढ़ने के ज्यादा मौके मिल रहे हैं। उन्होंने 2026 के एशियाई खेलों में भारतीय खिलाड़ियों के प्रदर्शन का जिक्र करते हुए कहा कि देश पदक तालिका में चौथे स्थान पर रहा, जो भारत के बेहतरीन प्रदर्शनों में से एक है। वहीं, एशियाई पैरा खेलों में भारतीय खिलाड़ियों ने रिकॉर्ड 114 पदक जीतकर नया इतिहास बनाया है। इस 2 दिवसीय बैठक में खेल मंत्रालय के सचिव हरि रंजन राव, विश्व डोपिंग रोधी एजेंसी के वरिष्ठ सहयोगी निदेशक (प्रयोगशाला विज्ञान एवं चिकित्सा) ओस्केल बारोसो, डब्ल्यूएएडीएस की अध्यक्ष डोरोटा क्वियातकोव्स्का और एनडीटीएल के निदेशक प्रोफेसर पी.एल. साहू सहित कई वैज्ञानिक और अंतरराष्ट्रीय प्रतिनिधि मौजूद रहे हैं।
Ranji Trophy: KV Aneesh के शतक से कर्नाटक मजबूत, असम के खिलाफ 361 रन की बढ़त
गुवाहाटी, तीन नवंबर केवी अनीश के नाबाद 142 रन की शानदार पारी की बदौलत कर्नाटक ने मंगलवार को यहां रणजी ट्रॉफी एलीट ग्रुप बी मुकाबले के दूसरे दिन अपनी पहली पारी में पांच विकेट पर 496 रन बना लिए और असम पर 361 रन की विशाल बढ़त हासिल कर ली। अनीश ने 248 गेंदों पर 10 चौकों और दो छक्कों की मदद से कर्नाटक की पारी को मजबूती दी। अब मेहमान टीम की नजरें असम को पारी से हराने पर होंगी। कर्नाटक की ओर से मयंक अग्रवाल (72), अनीश्वर गौतम (83) और मनवंत कुमार (नाबाद 53) ने भी अर्धशतकीय पारियां खेलीं। असम की टीम पहले दिन अपनी पहली पारी में महज 135 रन पर सिमट गई थी। इसके जवाब में कर्नाटक ने दूसरे दिन दो विकेट पर 180 रन से आगे खेलना शुरू किया। एक अन्य मुकाबले में मेजबान त्रिपुरा ने पूर्व चैंपियन सौराष्ट्र के खिलाफ पहली पारी में 150 रन की बढ़त हासिल करने के बाद दूसरी पारी में चार विकेट पर 54 रन बना लिए। त्रिपुरा के पहली पारी में 268 रन के जवाब में सौराष्ट्र की टीम महज 118 रन पर आउट हो गई। त्रिपुरा की ओर से परवेज सुल्तान ने 25 रन देकर पांच विकेट झटके, जबकि संदीप सरकार ने 48 रन देकर चार विकेट हासिल किए। गेंदबाजों के शानदार प्रदर्शन की बदौलत त्रिपुरा ने दूसरे दिन का खेल समाप्त होने तक कुल 204 रन की बढ़त बना ली थी। आंध्र ने एक अन्य मुकाबले में पंजाब के नौ विकेट पर 529 रन के स्कोर पर पारी घोषित करने के बाद पहली पारी में बिना किसी नुकसान के 20 रन बना लिए थे। पंजाब के विशेषज्ञ बल्लेबाजों के निराशाजनक प्रदर्शन के बाद सलिल अरोड़ा ने 144, सनवीर सिंह ने 205 और इमनजोत सिंह चहल ने 122 रन की शानदार पारियां खेलीं। एक अन्य मुकाबले में छत्तीसगढ़ के पहली पारी में 284 रन के जवाब में हैदराबाद ने पहली पारी में नौ विकेट पर 275 रन बना लिए।
साउथ एशिया फुटबॉल फेडरेशन (SAFF) चैंपियनशिप में भारतीय फुटबॉल टीम को ढाका के होटल में कमरे नहीं मिले। मंगलवार को टीम को गुलशन एवेन्यू स्थित एक निजी होटल में ठहरना था, लेकिन वहां पहुंचने पर पता चला कि उनके लिए कमरे बुक या अलॉट नहीं किए गए हैं। रिपोर्ट के मुताबिक, भारतीय दल दोपहर करीब 2:15 बजे ढाका पहुंचा था। शाम 5 बजे तक खिलाड़ियों को कमरे नहीं मिल सके थे। रिपोर्ट के मुताबिक खिलाड़ियों के लिए दूसरे होटल में व्यवस्था की गई है। डिफेंडिंग चैंपियन है भारत, 10वें खिताब की तलाश भारत इस टूर्नामेंट का मौजूदा चैंपियन है। टीम ने 2023 में बेंगलुरु में हुए फाइनल में कुवैत को पेनल्टी शूटआउट में हराकर खिताब जीता था। भारत अब तक 9 बार यह टूर्नामेंट जीत चुका है। SAFF दक्षिण एशिया के देशों का फुटबॉल संगठन है। इसकी चैंपियनशिप में क्षेत्र की राष्ट्रीय टीमें हिस्सा लेती हैं। 2026 का यह 15वां संस्करण है, जो 5 से 17 नवंबर तक ढाका में खेला जाएगा। पहली टीम नहीं, 28 खिलाड़ियों का दूसरा दल भेजा अखिल भारतीय फुटबॉल महासंघ (AIFF) ने इस टूर्नामेंट के लिए 28 खिलाड़ियों की टीम घोषित की है। हालांकि, भारत ने अपनी मुख्य सीनियर टीम नहीं भेजी है। टीम की कमान अंडर-23 के मुख्य कोच नौशाद मूसा को दी गई है। बिबियानो फर्नांडिस सहायक कोच होंगे। इसकी एक बड़ी वजह भारतीय सीनियर टीम का न्यूजीलैंड दौरा है। भारत को 12 और 15 नवंबर को न्यूजीलैंड के खिलाफ दो इंटरनेशनल फ्रेंडली मैच खेलने हैं। ये मुकाबले ऑकलैंड और क्राइस्टचर्च में होंगे। दूसरी परेशानी घरेलू क्लबों से खिलाड़ियों को रिलीज कराने की भी थी। भारत का पहला SAFF मैच FIFA इंटरनेशनल मैच विंडो शुरू होने से पहले है। इस दौरान इंडियन सुपर लीग (ISL) के कुछ क्लब अपने खिलाड़ियों को छोड़ने के इच्छुक नहीं थे, क्योंकि उनकी घरेलू लीग भी चल रही है। 18 खिलाड़ी पहले पहुंचे, बाकी 10 बाद में जुड़ेंगे AIFF के मुताबिक, 18 खिलाड़ी 3 नवंबर को कोलकाता से ढाका पहुंचे। बाकी 10 खिलाड़ियों को अगले कुछ दिनों में टीम से जुड़ना है। पाकिस्तान से पहला मुकाबला, फिर मालदीव से भिड़ंत भारत को ग्रुप-B में पाकिस्तान और मालदीव के साथ रखा गया है। ग्रुप-A में मेजबान बांग्लादेश, श्रीलंका और भूटान हैं। हर ग्रुप से टॉप-2 टीमें सेमीफाइनल में पहुंचेंगी। इसके बाद 17 नवंबर को फाइनल खेला जाएगा। सभी मुकाबले ढाका के नेशनल स्टेडियम में होंगे।
पश्चिम एशिया में तनाव के बीच Asian Cup 2027 टला, अब 23 दिसंबर से Saudi Arabia में होगा
पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव और सुरक्षा से जुड़ी चिंताओं के बीच एशियाई फुटबॉल परिसंघ ने टूर्नामेंट को टालने का फैसला किया है। पहले यह प्रतियोगिता 7 जनवरी से 5 फरवरी 2027 तक सऊदी अरब में आयोजित होनी थी, लेकिन अब इसका आयोजन 23 दिसंबर 2027 से 21 जनवरी 2028 तक किया जाएगा। इस फैसले के पीछे क्षेत्र में बिगड़ते हालात, यात्रा में आ रही परेशानियां और आयोजन से जुड़ी कई व्यावहारिक चुनौतियां बताई गई हैं। एशियाई फुटबॉल परिसंघ ने मंगलवार को जारी बयान में कहा कि प्रतियोगिता के आयोजन से जुड़ी समिति ने मौजूदा असाधारण परिस्थितियों को देखते हुए तारीखों में बदलाव को मंजूरी दी है। परिसंघ के मुताबिक, क्षेत्र में हाल के घटनाक्रम के कारण सुरक्षा के साथ-साथ यात्रा और अन्य व्यवस्थाओं को लेकर गंभीर चुनौतियां पैदा हुई हैं। ऐसे में सभी भाग लेने वाली टीमों, खिलाड़ियों, अधिकारियों, दर्शकों और आयोजन से जुड़े दूसरे लोगों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए यह फैसला लिया गया है। टूर्नामेंट की नई तारीखों को अंतिम मंजूरी के लिए अंतरराष्ट्रीय फुटबॉल महासंघ यानी फीफा के सामने रखा जाएगा। गौरतलब है कि पिछले महीने एशियाई फुटबॉल परिसंघ के अध्यक्ष शेख सलमान ने कहा था कि टूर्नामेंट की तैयारियां तय कार्यक्रम के अनुसार जारी हैं। उस समय पश्चिम एशिया में तनाव बढ़ने के बावजूद आयोजन को लेकर कोई बदलाव नहीं किया गया था। हालांकि, सऊदी अरब के नेतृत्व वाले गठबंधन और यमन में सक्रिय हूती विद्रोहियों के बीच संघर्ष बढ़ने के बाद हालात लगातार गंभीर होते चले गए। मौजूद जानकारी के अनुसार, हूती विद्रोहियों की ओर से सऊदी अरब के कई ठिकानों पर मिसाइल और ड्रोन हमले किए गए। रियाद के किंग खालिद अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर 11 दिनों के दौरान कम से कम 20 हमले होने की खबर सामने आई थी। इन हमलों में 17 लोगों की मौत और 300 से अधिक लोगों के घायल होने की जानकारी दी गई थी। ऐसे हालात में बड़े अंतरराष्ट्रीय खेल आयोजन की सुरक्षा और यात्रा व्यवस्था को लेकर चिंता बढ़ना स्वाभाविक है। इस बीच, 2015 की एशियाई कप विजेता ऑस्ट्रेलिया ने पिछले सप्ताह साफ किया था कि वह क्षेत्र में होने वाले अपने मैत्री मुकाबलों में हिस्सा लेने के लिए तैयार है। ऑस्ट्रेलिया को 11 नवंबर को दोहा में कतर और इसके 6 दिन बाद अम्मान में जॉर्डन के खिलाफ खेलना है। हालांकि, ऑस्ट्रेलियाई टीम ने यह भी कहा था कि वह पूरे घटनाक्रम पर लगातार नजर बनाए हुए है। क्षेत्र में तनाव का असर क्लब फुटबॉल पर भी देखने को मिला है। सोमवार को सऊदी अरब के बड़े क्लब अल नासर ने उज्बेकिस्तान के पाक्ताकोर को 6-2 से हराया, लेकिन इस मुकाबले में क्रिस्टियानो रोनाल्डो नहीं खेले। क्लब की ओर से बताया गया कि उन्हें आराम दिया गया था। इससे एक सप्ताह पहले अल नासर का अल वस्ल के खिलाफ एशियाई चैंपियंस लीग का मुकाबला भी टालना पड़ा था, क्योंकि संयुक्त अरब अमीरात की टीम ने सुरक्षा कारणों से रियाद जाने से इनकार कर दिया था। बता दें कि सऊदी अरब पहली बार एशियाई कप की मेजबानी कर रहा है। रियाद में होने वाले 51 मुकाबलों में से 30 मैच खेले जाने हैं। प्रतियोगिता के 8 मैदानों में से 5 रियाद में हैं और फाइनल किंग फहद स्पोर्ट्स सिटी स्टेडियम में होना तय है। सऊदी अरब को 2034 के फीफा विश्व कप की मेजबानी भी करनी है। ऐसे में एशियाई कप का सफल आयोजन उसके लिए अंतरराष्ट्रीय फुटबॉल में अपनी तैयारियों और आयोजन क्षमता दिखाने का बड़ा अवसर माना जा रहा है। अब नई तारीखों के साथ टूर्नामेंट की तैयारियों को दोबारा व्यवस्थित करना होगा।
चेन्नई ओपन: Vaishnavi Adkar ने Jodie Burrage को हराकर दर्ज की करियर की पहली WTA जीत
चेन्नई, तीन नवंबर भारतीय खिलाड़ी वैष्णवी अदकर ने उमस भरी गर्मी से जूझने के बावजूद शानदार जुझारूपन दिखाते हुए मंगलवार को यहां चेन्नई ओपन में ब्रिटेन की जोडी बुराज को 3-6, 6-3, 7-5 से हराकर अपने करियर की पहली डब्ल्यूटीए टूर स्तर की जीत दर्ज की। पुणे की 21 वर्षीय खिलाड़ी ने हार की कगार पर पहुंचने के बाद वापसी की। उन्होंने निर्णायक सेट में 3-5 से पिछड़ने के बाद लगातार चार गेम जीतकर मुकाबले का रुख पलट दिया। अंतरराष्ट्रीय सर्किट पर लगातार प्रगति कर रहीं वैष्णवी को अनुभवी बुराज के खिलाफ जीत हासिल करने के लिए काफी संघर्ष करना पड़ा। बुराज दुनिया की शीर्ष 100 खिलाड़ियों में शामिल रह चुकी हैं और कई बार ग्रैंड स्लैम टूर्नामेंट के मुख्य ड्रॉ में खेल चुकी हैं। वैष्णवी ने पहला सेट गंवा दिया। हालांकि दूसरे सेट में उन्होंने बेहतर रिटर्न और बेसलाइन से अधिक निरंतरता के साथ खेलते हुए वापसी की और मुकाबला बराबर कर दिया। उन्होंने दूसरे सेट में बुराज की सर्विस दो बार तोड़ी जबकि अपनी सर्विस एक बार गंवाई। दोनों खिलाड़ियों के बीच इस दौरान सर्विस बरकरार रखने के लिए कड़ा संघर्ष देखने को मिला। निर्णायक सेट में शुरुआती ब्रेक हासिल कर वैष्णवी ने बढ़त बना ली थी, लेकिन अनुभवी ब्रिटिश खिलाड़ी ने वापसी करते हुए 5-3 की बढ़त हासिल कर ली और जीत से केवल एक गेम दूर रह गईं। लेकिन वैष्णवी ने हार नहीं मानी। उन्होंने लगातार चार गेम जीतकर मुकाबला अपने नाम कर लिया। इस दौरान उन्होंने बुराज की सर्विस दो बार तोड़ी और आखिरी गेम में बिना कोई अंक गंवाए अपनी सर्विस बचाकर ऐतिहासिक जीत दर्ज की। खिलाड़ियों के बॉक्स में भारत के पूर्व स्टार युगल खिलाड़ी रोहन बोपन्ना भी बैठे थे और लगातार वैष्णवी का उत्साह बढ़ा रहे थे। बोपन्ना उस अकादमी में कोचिंग देते हैं जहां वैष्णवी अभ्यास करती हैं। बोपन्ना को वैष्णवी से यह कहते हुए सुना गया, ‘‘उसे हर गेंद खेलने पर मजबूर करो, लगे रहो, लगातार दबाव बनाए रखो। ’’दो घंटे से अधिक समय तक उमस भरे मौसम में खेलने के कारण दोनों खिलाड़ियों पर शारीरिक थकान साफ दिखाई देने लगी थी।
रणजी ट्रॉफी: 6 छक्के और 17 चौके, केरल के खिलाफ उर्विल पटेल ने जड़ा 'नाबाद दोहरा शतक'
गुजरात के उर्विल पटेल ने मंगलवार को रणजी ट्रॉफी एलीट ग्रुप-सी मुकाबले में केरल के खिलाफ 'नाबाद दोहरा शतक' लगाया...
रणजी ट्रॉफी 2026-27 के दूसरे दिन बल्लेबाजों का दबदबा देखने को मिला। गुजरात के उर्विल पटेल, पंजाब के सनवीर सिंह और तमिलनाडु के प्रदोष रंजन पॉल ने दोहरे शतक लगाए। पंजाब ने आंध्र प्रदेश के खिलाफ 592 रन बनाकर पारी घोषित की। वहीं गुजरात ने 534/9 और तमिलनाडु ने 571/7 के स्कोर पर अपनी पारी घोषित की। गेंदबाजी में त्रिपुरा के स्पिनर्स परवेज सुल्तान और संदीप सरकार ने सौराष्ट्र को सिर्फ 118 रन पर समेट दिया। गोवा ने बिहार को 107 रन पर आउट कर फॉलोऑन खेलने के लिए मजबूर किया। पंजाब के तीन बल्लेबाजों ने शतक लगाए, टीम 592 तक पहुंची आंध्र प्रदेश के खिलाफ पंजाब की बल्लेबाजी में तीन शतक लगे। सनवीर सिंह ने पहले दिन के नाबाद 100 रन को आगे बढ़ाते हुए दोहरा शतक पूरा किया। सलिल अरोड़ा ने 375 गेंदों में 205 रन बनाए। उनकी पारी में 22 चौके शामिल रहे। इमनजोत सिंह चहल ने 150 गेंदों में 122 रन बनाए। उन्होंने 7 चौके और 9 छक्के लगाए। दसवें नंबर पर उतरे सुखदीप सिंह बाजवा ने भी 38 रन की नाबाद तेज पारी खेली। इन पारियों के दम पर पंजाब ने 9 विकेट पर 592 रन बनाकर पारी घोषित कर दी। गुजरात के उर्विल ने 227 गेंदों में बनाए 210 रन गुजरात के विकेटकीपर बल्लेबाज उर्विल पटेल ने 227 गेंदों में नाबाद 210 रन बनाए। उनकी पारी में 17 चौके और 6 छक्के शामिल रहे। उनके साथ विशाल जायसवाल ने 77 रन बनाए। गुजरात ने 9 विकेट पर 534 रन बनाकर पारी घोषित की। तमिलनाडु के प्रदोष का दोहरा शतक तमिलनाडु के प्रदोष रंजन पॉल ने भी अपना दोहरा शतक पूरा किया। सातवें नंबर पर बल्लेबाजी करने आए अजित राम ने शतक लगाया। दोनों की पारियों से तमिलनाडु ने 7 विकेट पर 571 रन बनाए। इसके बाद कप्तान साई किशोर ने पारी घोषित कर दी। कर्नाटक ने असम पर 361 रन की बढ़त बनाई कर्नाटक ने दूसरे दिन अपनी पहली पारी 5 विकेट पर 496 रन तक पहुंचा दी। केवी अनीश ने नाबाद 142 रन बनाए। अनश्वर गौतम ने 83 और मानवंत कुमार ने नाबाद 53 रन का योगदान दिया। इस तरह कर्नाटक की बढ़त 361 रन हो गई। उत्तर प्रदेश के ओपनर्स ने संभाली पारी बड़ौदा के 355 रन के जवाब में उत्तर प्रदेश के ओपनर्स आदर्श सिंह और माधव कौशिक ने बिना विकेट गंवाए 55 ओवर बल्लेबाजी की। आदर्श 96 और माधव 90 रन बनाकर नाबाद थे। विदर्भ के कप्तान ने शतक लगाया, भूटे 97 रन पर आउट नागपुर में विदर्भ की शुरुआत खराब रही थी। टीम ने पहले दिन का खेल खत्म होने तक 4 विकेट पर 56 रन बनाए थे। दूसरे दिन कप्तान अक्षय वाडकर ने शतक लगाकर पारी संभाली, लेकिन शतक पूरा करने के बाद उन्हें चोट के कारण रिटायर हर्ट होना पड़ा। नचिकेत भूटे ने आठवें नंबर पर उतरकर 111 गेंदों में 97 रन बनाए। उनकी पारी में 6 चौके और 5 छक्के थे। जम्मू-कश्मीर के ओपनर्स ने दिलाई राहत डिफेंडिंग चैंपियन जम्मू-कश्मीर के गेंदबाज पुडुचेरी को पहली पारी में 385 रन बनाने से नहीं रोक सके। पुडुचेरी ने दिन की शुरुआत 6 विकेट पर 261 रन से की थी। जवाब में जम्मू-कश्मीर के ओपनर्स कमरान इकबाल 68 और शुभम खजूरिया 80 रन बनाकर नाबाद रहे। उत्तराखंड के निश्चल ने 376 गेंदें खेलीं देहरादून में हरियाणा के खिलाफ उत्तराखंड की ओर से ओपनर देगा निश्चल ने नाबाद 148 रन बनाए। उन्होंने 376 गेंदें खेलीं और 62.4 ओवर तक क्रीज पर टिके रहे। उनका स्कोर हरियाणा की पूरी टीम के कुल स्कोर से सिर्फ 5 रन कम था। राजस्थान ने हिमाचल के खिलाफ बढ़त 222 रन की की राजस्थान और हिमाचल प्रदेश के बीच मुकाबले में पहले दिन दोनों टीमें अपनी पहली पारियों में आउट हो गई थीं। दूसरे दिन राजस्थान ने संभलकर बल्लेबाजी की। ओपनर रोहन राजबार ने 140 और महिपाल लोमरोर ने 97 रन बनाए। इन पारियों से राजस्थान ने अपनी बढ़त 222 रन तक पहुंचा दी। मुंबई ने 396 रन बनाए रेलवे के खिलाफ मुंबई ने पहले दिन 6 विकेट पर 247 रन बनाए थे। दूसरे दिन आकाश आनंद और शम्स मुलानी ने अर्धशतक लगाकर टीम को 396 रन तक पहुंचाया। दिल्ली को डोसेजा और मैथ्यू ने संभाला सर्विसेज के 266 रन के जवाब में दिल्ली की शुरुआत अच्छी नहीं रही। आयुष बडोनी के हमनाम आयुष डोसेजा ने 78 रन बनाकर पारी को संभाला। सातवें नंबर पर आए सुमित मैथ्यू ने नाबाद 80 रन बनाए और टीम को मुश्किल से निकाला। त्रिपुरा के स्पिनर्स ने सौराष्ट्र को 118 पर समेटा पहली पारी में त्रिपुरा ने 268 रन बनाए थे। जवाब में सौराष्ट्र की टीम सिर्फ 118 रन पर आउट हो गई। बाएं हाथ के स्पिनर परवेज सुल्तान ने 5 विकेट लिए, जबकि ऑफ स्पिनर संदीप सरकार को 4 विकेट मिले। गोवा ने बिहार को फॉलोऑन दिया गोवा के 19 साल के ऑफ स्पिनर यश कसावंकर और 34 साल के तेज गेंदबाज वासुकी कौशिक ने 3-3 विकेट लिए। बिहार की टीम 107 रन पर सिमट गई। इसके बाद गोवा ने उसे फिर से बल्लेबाजी के लिए बुलाया। क्रिकेट में इसे फॉलोऑन कहते हैं। धर्मेंद्रसिंह जडेजा ने 5 विकेट लिए छत्तीसगढ़ के खिलाफ हैदराबाद की टीम दूसरे दिन का खेल खत्म होने तक 9 विकेट पर 275 रन बना सकी। छत्तीसगढ़ ने दिन की शुरुआत 7 विकेट पर 279 रन से की थी और सिर्फ 5 रन जोड़कर पूरी टीम आउट हो गई। बाएं हाथ के स्पिनर धर्मेंद्रसिंह जडेजा ने 84 रन देकर 5 विकेट लिए। हैदराबाद अभी भी पहली पारी में 9 रन पीछे थी।
ISSF World Championship में भारत का जलवा, 50 मीटर पिस्टल टीम ने जीता गोल्ड
दोहा, तीन नवंबर भारत ने मंगलवार को यहां चल रही आईएसएसएफ विश्व चैंपियनशिप में पुरुषों की 50 मीटर पिस्टल टीम स्पर्धा का स्वर्ण पदक और महिलाओं की 10 मीटर एयर राइफल टीम स्पर्धा का रजत पदक जीता। भारत के रविंदर सिंह, सौरभ चौधरी और अमनप्रीत सिंह की तिकड़ी ने कुल 1659 अंक से पुरुषों की 50 मीटर पिस्टल स्पर्धा में शीर्ष स्थान हासिल किया। इसके बाद इलावेनिल वलारिवान, सोनम उत्तम मास्कर और शांभवी श्रवण क्षीरसागर की तिकड़ी ने महिलाओं की 10 मीटर एयर राइफल टीम स्पर्धा में 1894.4 अंक से दूसरा स्थान हासिल किया। भारतीय टीम चीन (1899.8 अंक) से पीछे दूसरे स्थान पर रही जबकि जापान (1892.6 अंक) से कांस्य पदक जीता। इलावेनिल 634.2 अंक से भारतीयों में सर्वश्रेष्ठ रहीं जबकि सोनम ने 630.2 अंक और शांभवी ने 629.7 अंक जुटाए। इलावेनिल ने क्वालीफिकेशन दौर में तीसरा स्थान हासिल कर व्यक्तिगत फाइनल में जगह बना ली। उनके पास पदक जीतने और भारत के लिए पहला ओलंपिक कोटा हासिल करने का मौका है। इससे पहले रविंदर ने इस स्पर्धा का व्यक्तिगत रजत पदक भी अपने नाम किया। यह स्पर्धा ओलंपिक प्रतियोगिताओं की सूची में शामिल नहीं है। रविंदर भारत के सबसे अधिक अंक हासिल करने वाले खिलाड़ी रहे। उन्होंने कुल 559 अंक प्राप्त किए। कई बार विश्व कप में स्वर्ण पदक जीत चुके सौरभ ने 551 अंक हासिल किए जबकि अमनप्रीत सिंह ने 549 अंक बनाए। इस तरह भारतीय टीम ने कुल 1659 अंक हासिल किए। चीन के झांग बिंगचेन, ल्यू जुनयी और फेंग लिनलांग ने कुल 1648 अंक हासिल कर रजत पदक जीता। वहीं दक्षिण कोरिया की होंग सुह्योन, चोए बोरम और सो सेउंग सेओब की टीम ने 1643 अंक के साथ कांस्य पदक अपने नाम किया। व्यक्तिगत स्पर्धा में रूस के एंटोन अरिस्तारखोव ने 561 अंक हासिल कर स्वर्ण पदक जीता। रोमानिया के लुका जोल्डिया ने 558 अंकों के साथ कांस्य पदक हासिल किया। पुरुषों की 10 मीटर एयर राइफल स्पर्धा में राकेश माने, हिमांशु ढिल्लों और पार्थ मखीजा टीम और व्यक्तिगत फाइनल में जगह बनाने में असफल रहे। भारत एक स्वर्ण और दो रजत पदक के साथ पदक तालिका में दूसरे स्थान पर है। चीन तीन स्वर्ण सहित पांच पदकों से शीर्ष पर है।
रणजी ट्रॉफी: 6 छक्के और 17 चौके, केरल के खिलाफ उर्विल पटेल ने जड़ा 'नाबाद दोहरा शतक'
अहमदाबाद, 3 नवंबर (आईएएनएस)। गुजरात के उर्विल पटेल ने मंगलवार को रणजी ट्रॉफी एलीट ग्रुप-सी मुकाबले में केरल के खिलाफ 'नाबाद दोहरा शतक' लगाया। नरेंद्र मोदी स्टेडियम में जारी इस मुकाबले में उर्विल ने 227 गेंदों में 6 छक्के और 17 चौके जड़े। यह उनके फर्स्ट क्लास करियर का पहला दोहरा शतक रहा।
IND vs NZ ODI सीरीज से पहले आई बड़ी खुशखबरी, भारतीय तेज गेंदबाज हुआ फिट, जल्द न्यूजीलैंड होंगे रवाना
भारतीय तेज गेंदबाज प्रसिद्ध कृष्णा को BCCI के सेंटर ऑफ एक्सीलेंस ने फिट घोषित कर दिया है। हैमस्ट्रिंग की चोट से उबरने के बाद वह तीनों फॉर्मेट में खेलने के लिए उपलब्ध हैं।
चेन्नई सुपर किंग्स (CSK) इंग्लैंड के ऑलराउंडर लियम लिविंगस्टोन को ट्रेड करने की कोशिश में है। सनराइजर्स हैदराबाद (SRH) ने अभी इस प्रस्ताव पर फैसला नहीं लिया है। इस ट्रेड में एक से ज्यादा फ्रेंचाइजी और खिलाड़ी शामिल हो सकते हैं। लिविंगस्टोन को सनराइजर्स हैदराबाद ने पिछले ऑक्शन में 13 करोड़ रुपए में खरीदा था। इससे पहले वे रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (RCB) का हिस्सा थे। RCB ने उन्हें मेगा ऑक्शन 2025 में 8.75 करोड़ रुपए में खरीदा था। लिविंगस्टोन IPL 2026 में सिर्फ 2 मैच खेले लिविंगस्टोन ने पिछले IPL सीजन में हैदराबाद के लिए 2 मैच खेले और सिर्फ 15 रन बना सके। खलील अहमद को ट्रेड करने की चर्चा CSK की ओर से खलील अहमद को ट्रेड का हिस्सा बनाने की चर्चा भी हुई है। हालांकि, इस जानकारी की पूरी पुष्टि नहीं है। इसकी एक वजह यह भी है कि हैदराबाद ने हाल ही में बाएं हाथ के तेज गेंदबाज टी नटराजन को अपने साथ जोड़ा है। लिविंगस्टोन के अलावा CSK का एक अन्य खिलाड़ी भी इस बातचीत का हिस्सा है। ट्रेड में एक से ज्यादा खिलाड़ी और फ्रेंचाइजी शामिल हैं। 17 नवंबर तक पूरी हो सकती है ट्रेड की तस्वीर IPL में रिटेंशन की आखिरी तारीख 17 नवंबर है। ऐसे में फ्रेंचाइजी को जल्द ही अपने खिलाड़ियों को लेकर फैसला करना होगा। लिविंगस्टोन के ट्रेड पर भी इस तारीख से पहले स्थिति साफ हो सकती है। इस बीच हार्दिक पंड्या के संभावित ट्रेड को लेकर भी कई फ्रेंचाइजी के बीच बातचीत जारी है। हालांकि, मुंबई इंडियंस (MI) ने अभी तक किसी प्रस्ताव का ऐलान नहीं किया है। ------------------------- IPL 2027 से जुड़ी यह खबर भी पढ़ें… IPL 2027- रिटेंशन की डेडलाइन 2 दिन बढ़ी:17 नवंबर तक टीमें बता सकेंगी किसे रखेंगी और किसे छोड़ेंगी; ऑक्शन 16 दिसंबर को BCCI ने IPL 2027 मिनी ऑक्शन से पहले खिलाड़ियों को टीम में बनाए रखने और रिलीज करने की तारीख दो दिन बढ़ा दी है। अब सभी 10 फ्रेंचाइजी 17 नवंबर तक अपनी लिस्ट सौंप सकेंगी। पहले इसकी आखिरी तारीख 15 नवंबर थी। ऑक्शन की तारीख और जगह में कोई बदलाव नहीं किया गया है। खिलाड़ियों की नीलामी 16 दिसंबर को गोवा में ही होगी। पूरी खबर पढ़ें…
भारतीय तेज गेंदबाज प्रसिद्ध कृष्णा को BCCI के सेंटर ऑफ एक्सीलेंस (CoE) ने फिट घोषित कर दिया है। बेंगलुरु में 1 और 2 नवंबर को हुए मैच सिमुलेशन टेस्ट में सफल रहने के बाद मेडिकल टीम ने उन्हें मैदान पर वापसी की मंजूरी दे दी। अब वे टेस्ट, वनडे और टी-20 तीनों फॉर्मेट खेलने के लिए फिट हैं। हालांकि, फिट होने के बावजूद प्रसिद्ध न्यूजीलैंड के खिलाफ 4 नवंबर से शुरू हो रही पांच मैचों की वनडे सीरीज में नहीं खेलेंगे। वे जल्द न्यूजीलैंड रवाना हो सकते हैं, जहां 7 नवंबर से इंडिया-A और न्यूजीलैंड-A के बीच होने वाले तीसरे और आखिरी अनऑफिशियल टेस्ट में खेलने की कोशिश करेंगे। 30 सितंबर को लगी थी हैमस्ट्रिंग चोट प्रसिद्ध को 30 सितंबर को वेस्टइंडीज के खिलाफ गुवाहाटी में खेले गए दूसरे वनडे के दौरान चोट लगी थी। वह मैच में सिर्फ 5 ओवर गेंदबाजी कर पाए और फिर मैदान छोड़ना पड़ा। जांच में उनकी हैमस्ट्रिंग में चोट सामने आई थी। मैच सिमुलेशन टेस्ट में क्या होता है? मैच सिमुलेशन में खिलाड़ी को असली मुकाबले जैसी परिस्थितियों में अभ्यास कराया जाता है। गेंदबाज के मामले में देखा जाता है कि वह कितनी तेजी से दौड़ पा रहा है, पूरी ताकत से गेंद डाल पा रहा है या नहीं और लगातार ओवर करने के बाद शरीर कैसी प्रतिक्रिया दे रहा है। वनडे सीरीज से बाहर, इंडिया-A के मैच से कर सकते हैं वापसी प्रसिद्ध को न्यूजीलैंड के खिलाफ पांच वनडे मैचों की सीरीज के लिए शुरुआती टीम में जगह मिली थी, लेकिन उनका खेलना फिटनेस क्लीयरेंस पर निर्भर था। चोट से उबरने के बाद भी उन्हें मैच खेलने लायक गेंदबाजी का पूरा अभ्यास हासिल करने के लिए और समय चाहिए था। इसी वजह से उन्हें वनडे सीरीज से बाहर रखा गया। ---------------------------- यह खबर भी पढ़ें… रोहित-विराट 7 साल बाद न्यूजीलैंड में साथ खेलेंगे रोहित शर्मा और विराट कोहली फरवरी 2020 के बाद पहली बार न्यूजीलैंड की धरती पर साथ खेलेंगे। दोनों आखिरी बार 29 फरवरी 2020 में को हैमिल्टन में तीसरे टी-20 इंटरनेशनल में उतरे थे। इसके बाद वे 4 नवंबर को पांच वनडे मैचों की सीरीज के पहले मुकाबले में एक साथ उतरेंगे। पूरी खबर…
फिनले बीन नॉर्थम्पटनशायर से जुड़े, यॉर्कशायर के साथ करार 2 साल पहले ही समाप्त
नई दिल्ली, 3 नवंबर (आईएएनएस)। नॉर्थम्पटनशायर काउंटी क्रिकेट क्लब ने मंगलवार को यॉर्कशायर के टॉप-ऑर्डर बल्लेबाज फिनले बीन के साथ 3 साल का करार किया है। फिनले बल्लेबाजी के साथ विकेटकीपिंग में भी निपुण हैं।
कुलदीप को खेलने का मौका न मिलना एक 'रहस्य', टीम मैनेजमेंट को उन पर भरोसा नहीं: मनिंदर सिंह
नई दिल्ली, 3 नवंबर (आईएएनएस)। भारत के पूर्व बाएं हाथ के स्पिनर मनिंदर सिंह ने कुलदीप यादव को लगातार खेलने का मौका न मिलने को एक 'रहस्य' बताया है। मनिंदर मानते हैं कि टीम मैनेजमेंट को इस बाएं हाथ के रिस्ट-स्पिनर की काबिलियत पर पूरा भरोसा नहीं है।
IOA Athletes Commission: पीवी सिंधू और मीराबाई चानू समेत 10 खिलाड़ी निर्विरोध चुने गए
नयी दिल्ली, तीन नवंबर ओलंपिक पदक विजेता पीवी सिंधू और मीराबाई चानू सहित 10 खिलाड़ियों को मंगलवार को निर्विरोध भारतीय ओलंपिक संघ (आईओए) के एथलीट आयोग का सदस्य चुन लिया गया। पूर्व ट्रैक एवं फील्ड एथलीट सुधा सिंह के सोमवार देर रात चुनावी दौड़ से हटने के बाद मतदान कराने की जरूरत नहीं पड़ी क्योंकि 10 सीट के लिए केवल 10 उम्मीदवार ही रह गए थे। निर्वाचन अधिकारी संजय के श्रीवास्तव ने मंगलवार को पांच पुरुष और पांच महिला सहित सभी 10 उम्मीदवारों को 2026-2030 तक चार साल के कार्यकाल के लिए निर्विरोध निर्वाचित घोषित किया। इससे पहले सोमवार को स्टार बैडमिंटन खिलाड़ी किदांबी श्रीकांत ने भी अपनी उम्मीदवारी वापस ले ली थी। एथलीट आयोग के अध्यक्ष और उपाध्यक्ष के पदों पर एक पुरुष और एक महिला को चुना जाएगा। इन पदों पर निर्वाचित होने वाले चार में से दो पदाधिकारी आईओए की कार्यकारी परिषद के सदस्य बनेंगे। इसके अलावा एथलीट आयोग के दो सदस्य (एक पुरुष और एक महिला) मतदान के अधिकार के साथ आईओए की आम सभा के सदस्य बनेंगे। ये दोनों प्रतिनिधि पांच दिसंबर को होने वाले आईओए कार्यकारी परिषद के चुनाव में एथलीट आयोग की ओर से हिस्सा लेंगे। एथलीट आयोग के अध्यक्ष और उपाध्यक्ष के साथ-साथ आईओए की आम सभा के दो प्रतिनिधियों का चुनाव बाद में कराया जाएगा। सिंधू, चानू और भवानी इससे पहले शीर्ष मुक्केबाज एमसी मैरीकॉम की अध्यक्षता वाले निवर्तमान एथलीट आयोग की भी सदस्य थीं। हरमनप्रीत, साजन और तूर उन तीन पुरुष खिलाड़ियों के रूप में निर्विरोध चुने गए जिन्होंने पिछले तीन ओलंपिक खेलों में से कम से कम एक में हिस्सा लिया है। इसी तरह सिंधू, चानू और बोम्बाल्या उन तीन महिला खिलाड़ियों के रूप में निर्विरोध चुनी गईं जिन्होंने पिछले तीन ओलंपिक खेलों में से कम से कम एक में भाग लिया है। मनजीत और कुसाले उन दो पुरुष उम्मीदवारों में शामिल थे जिन्होंने पिछले तीन एशियाई खेलों, राष्ट्रमंडल खेलों, विश्व चैंपियनशिप या विश्व कप या राष्ट्रीय खेलों में से किसी एक में कम से कम एक पदक जीतने वाले खिलाड़ियों की श्रेणी में नामांकन दाखिल किया था। वहीं, सलीमा और भवानी इस श्रेणी में नामांकन दाखिल करने वाली एकमात्र दो महिला उम्मीदवार थीं। आईओए के चुनाव नियमों के अनुसार 10 सदस्यीय एथलीट आयोग में कम से कम चार ऐसे खिलाड़ी (दो पुरुष और दो महिलाएं) होने चाहिए जिन्होंने पिछले तीन एशियाई खेलों, राष्ट्रमंडल खेलों, विश्व चैंपियनशिप या विश्व कप या राष्ट्रीय खेलों में से किसी एक में कम से कम एक पदक जीता हो। आयोग के बचे हुए छह सदस्यों में तीन पुरुष और तीन महिलाएं होनी चाहिए जिन्होंने पिछले तीन ओलंपिक खेलों में से कम से कम एक में हिस्सा लिया हो। निर्वाचन अधिकारी ने 16 अक्टूबर को निर्वाचक मंडल के 34 सदस्यों की सूची जारी की थी। इसमें 17 राष्ट्रीय खेल महासंघों के दो-दो प्रतिनिधि शामिल थे। हालांकि मंगलवार को इन 34 खिलाड़ी प्रतिनिधियों को अपना वोट डालने की जरूरत नहीं पड़ी क्योंकि एथलीट आयोग के सभी 10 सदस्य निर्विरोध चुन लिए गए। निर्वाचन अधिकारी ने कहा, ‘‘मौजूदा परिस्थितियों में पांच पुरुष और पांच महिला सदस्यों सहित 10 सदस्यीय एथलीट आयोग के लिए तीन नवंबर 2026 को निर्धारित चुनाव कराने का कोई औचित्य नहीं है क्योंकि आयोग के प्रत्येक पद के लिए केवल एक-एक उम्मीदवार मैदान में है। ’’आईओए एथलीट आयोग के निर्विरोध निर्वाचित सदस्य: पीवी सिंधू (बैडमिंटन), मीराबाई चानू (भारोत्तोलन), हरमनप्रीत सिंह (हॉकी), सलीमा टेटे (हॉकी), स्वप्निल कुसाले (निशानेबाजी), भवानी देवी (तलवारबाजी), तेजिंदरपाल सिंह तूर (एथलेटिक्स), बोम्बाल्या देवी (तीरंदाजी), साजन प्रकाश (तैराकी) और मंजीत सिंह (कयाकिंग एवं कैनोइंग)।
भारतीय क्रिकेटर प्रेमा रावत ने महिला टी-20 क्रिकेट में सबसे तेज अर्धशतक लगा दिया है। 24 साल की प्रेमा ने सीनियर विमेंस टी-20 ट्रॉफी में उत्तराखंड की ओर से खेलते हुए हैदराबाद के खिलाफ 14 गेंदों में फिफ्टी पूरी की। उन्होंने 50 रन की नाबाद पारी खेली। इससे पहले यह रिकॉर्ड 15 गेंदों में अर्धशतक लगाने वाली तीन खिलाड़ियों के नाम संयुक्त रूप से था। पुणे के MCA क्रिकेट स्टेडियम में उत्तराखंड ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 20 ओवर में 187 रन बनाए। जवाब में हैदराबाद की टीम 98 रन ही बना सकी। उत्तराखंड ने यह मैच 89 रन से जीता। प्रेमा ने बल्ले के बाद गेंद से भी कमाल किया और 12 रन देकर 2 विकेट लिए। उन्हें प्लेयर ऑफ द मैच चुना गया। पारी में 6 चौके और 4 छक्के लगाए प्रेमा चौथे नंबर पर बल्लेबाजी करने उतरीं। उस समय पारी के सिर्फ आखिरी तीन ओवर बाकी थे। उन्होंने आते ही तेज गेंदबाज साक्षी राव की गेंदों पर लगातार तीन चौके लगाए। इसके बाद ऑफ स्पिनर वांका पूजा के ओवर में 18 रन बटोरे। आखिरी ओवर में उन्होंने कुंचला नितीशा की गेंदों पर छक्के और चौके लगाए। उनकी पारी में 6 चौके और 4 छक्के शामिल रहे। स्ट्राइक रेट 357.14 रहा। दूसरे छोर पर राघवी बिष्ट ने भी शानदार बल्लेबाजी की। उन्होंने 50 गेंदों में नाबाद 72 रन बनाए। हैदराबाद को 98 रन पर रोका बल्लेबाजी के बाद प्रेमा ने गेंदबाजी में भी योगदान दिया। उन्होंने हैदराबाद की ओपनर जी काव्याश्री और एन क्रांति रेड्डी को आउट किया। जून में किया था भारत के लिए डेब्यू प्रेमा ने जून 2026 में साउथ अफ्रीका के खिलाफ भारत की ओर से अपना पहला टी-20 इंटरनेशनल मैच खेला था। वह लेग स्पिन गेंदबाज हैं और दाएं हाथ से बल्लेबाजी करती हैं। अब तक खेले 7 T20 इंटरनेशनल मैचों में उनके नाम 7 विकेट हैं। एशिया कप के ग्रुप स्टेज में पाकिस्तान के खिलाफ उन्होंने 9 रन देकर 3 विकेट लिए थे। RCB की दोनों खिताबी टीमों का हिस्सा रहीं प्रेमा विमेंस प्रीमियर लीग (WPL) में रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (RCB) की टीम का हिस्सा हैं। वह 2025 और 2026 में खिताब जीतने वाली RCB टीम में शामिल थीं। टूर्नामेंट में अब तक 6 मैच खेलकर उन्होंने 3 विकेट लिए हैं। फ्रेंचाइजी ने 2027 सीजन से पहले उन्हें टीम में बरकरार रखा है।
ग्लेन मैक्सवेल ने इंटरनेशनल क्रिकेट को कहा अलविदा: वीडियो में जाने T20I से लिया संन्यास, 130 मैचों में बनाए 2897 रन; IPL और बिग बैश में खेलते रहेंगे
आईसीसी रैंकिंग : करियर के तीसरे ही वनडे मैच में चटकाए 5 विकेट
दुबई, भारतीय महिला क्रिकेट टीम की युवा स्पिनर वैष्णवी शर्मा ने आईसीसी विमेंस वनडे रैंकिंग में बड़ी छलांग लगाई है। जिम्बाब्वे के खिलाफ तीन मुकाबलों की सीरीज में शानदार प्रदर्शन के बाद वैष्णवी बॉलिंग रैंकिंग में 53 स्थान ऊपर चढ़कर 94वें नंबर पर पहुंच गई हैं।
AFC Asian Cup 2027: मिडिल ईस्ट में तनाव के बीच बड़ा फैसला, एक साल के लिए टला एशियन कप, जानें नई तारीखें
भारत के बैडमिंटन खिलाड़ियों को अक्टूबर में यूरोप के चार टूर्नामेंट खेलने के लिए अपनी जेब से पैसे खर्च करने पड़े। उन्हें टूर्नामेंट से कुछ दिन पहले पता चला कि इस दौरे के लिए सरकारी मदद नहीं मिलेगी। इसके बाद खिलाड़ियों ने यात्रा, खाने और होटल में रुकने का खर्च खुद उठाया। बजट की कमी के कारण कुछ खिलाड़ी अपने निजी कोच को भी साथ नहीं ले जा सके। आर्थिक परेशानी के बावजूद जर्मनी में हुए हाइलो ओपन में पीवी सिंधु ने महिला सिंगल्स और लक्ष्य सेन ने पुरुष सिंगल्स का खिताब जीता। इससे पहले सिंधु फ्रेंच ओपन के फाइनल में भी पहुंची थीं। SAI ने किस वजह से रोकी फंडिंग? इस मामले में स्पोर्ट्स अथॉरिटी ऑफ इंडिया (SAI) और BAI के बीच जरूरी कागजी प्रक्रिया पूरी नहीं होने की बात सामने आई है। रिपोर्ट के मुताबिक, SAI के एक अधिकारी ने बताया कि BAI ने खिलाड़ियों के नाम सहित जरूरी प्रस्ताव तय समय पर जमा नहीं किया था। SAI के नियम के अनुसार, किसी टूर्नामेंट के लिए प्रस्ताव कम से कम 30 दिन पहले जमा करना होता है। पहले यह समयसीमा 90 दिन थी, जिसे बाद में 60 दिन किया गया। खेल महासंघों की मांग पर इसे घटाकर 30 दिन कर दिया गया था। कुछ अधिकारियों ने आशंका जताई थी कि एशियन गेम्स में भारतीय बैडमिंटन टीम के प्रदर्शन के कारण फंडिंग रोकी गई होगी। भारत 2014 के बाद पहली बार एशियन गेम्स में व्यक्तिगत बैडमिंटन मेडल नहीं जीत पाया था। फिनलैंड से शुरू हुआ यूरोप दौरा भारतीय खिलाड़ियों ने चार देशों में लगातार चार टूर्नामेंट खेले। इसकी शुरुआत 6 अक्टूबर को फिनलैंड के वांटा में आर्कटिक ओपन से हुई। इसके बाद टीम ने डेनमार्क ओपन, फ्रेंच ओपन और जर्मनी के हाइलो ओपन में हिस्सा लिया। इन टूर्नामेंटों में खेलने के लिए खिलाड़ियों को एक देश से दूसरे देश जाना था। इसके अलावा होटल में रुकने, खाने और अभ्यास का खर्च भी था। बैडमिंटन एसोसिएशन ऑफ इंडिया (BAI) ने फिनलैंड में पहले टूर्नामेंट के दौरान खिलाड़ियों के ठहरने की व्यवस्था की थी, लेकिन बाकी खर्च उन्हें खुद उठाने पड़े। कुछ खिलाड़ी बिना कोच के खेले सिंधु ने खुद उठाया खर्च दो बार की ओलिंपिक मेडलिस्ट पीवी सिंधु ने भी फंडिंग नहीं मिलने पर हैरानी जताई। उन्होंने कहा कि ऐसा उनके साथ पहले कभी नहीं हुआ था। सिंधु के मुताबिक, उस समय उनके लिए टूर्नामेंट छोड़ने के बारे में सोचना भी आसान नहीं था। उनका ध्यान खेलने और अपने प्रदर्शन में सुधार करने पर था। उन्होंने कुछ खर्च खुद उठाया, जबकि ओलिंपिक गोल्ड क्वेस्ट (OGQ) ने भी उनकी मदद की। OGQ एक गैर-लाभकारी संस्था है, जो भारतीय खिलाड़ियों को ट्रेनिंग और प्रतियोगिताओं की तैयारी में आर्थिक सहयोग देती है। एक साल बाद लक्ष्य को खिताब, सिंधु ने भी जीता दूसरा टाइटल यूरोप दौरे का आखिरी टूर्नामेंट हाइलो ओपन भारत के लिए यादगार रहा। लक्ष्य सेन ने पुरुष सिंगल्स का खिताब जीतकर करीब एक साल से चले आ रहे अपने खिताबी इंतजार को खत्म किया। सिंधु ने महिला सिंगल्स का खिताब जीता। यह इस साल उनका दूसरा खिताब था। सिंधु ने 2017 के बाद पहली बार एक साल में सुपर 500 या उससे बड़े स्तर के दो BWF वर्ल्ड टूर खिताब जीते। इस जीत से वर्ल्ड टूर फाइनल्स के लिए क्वालिफाई करने की उनकी संभावनाएं बेहतर हुईं और वे वर्ल्ड रैंकिंग में छठे स्थान पर पहुंच गईं। इससे पहले फ्रेंच ओपन के फाइनल में सिंधु को साउथ कोरिया की एन से-यंग से हार मिली थी। अस्मिता चालिहा ने उसी टूर्नामेंट में यामागुची को हराया था, जबकि अनमोल खरब हाइलो ओपन के सेमीफाइनल तक पहुंचीं। BWF टूर खिताब क्या है?
शुभमन गिल के निशाने पर बड़ा रिकॉर्ड, न्यूजीलैंड में 105 रन बनाते ही रचेंगे इतिहास
भारतीय कप्तान शुभमन गिल साल 2026 में ODI क्रिकेट में बड़ा मुकाम हासिल करने के बेहद करीब हैं। न्यूजीलैंड के खिलाफ 5 मैचों की ODI सीरीज में 105 रन जड़ते ही वह इतिहास रच देंगे।
शुभमन गिल : 'मैं चाहता था कि हमारी टीम सभी वनडे खेले'
ऑकलैंड, भारत के वनडे और टेस्ट कप्तान शुभमन गिल ने कहा कि वह चाहते थे कि न्यूजीलैंड दौरे पर वनडे और टेस्ट मैचों के बीच टी20 मैच हों, ताकि भारतीय टीम पांच मैचों की सीरीज के आखिरी दो वनडे मैचों के लिए पूरी ताकत वाली टीम उतार सके और खिलाड़ियों को दो मैचों की अहम टेस्ट सीरीज की तैयारी के लिए काफी समय मिल सके।
स्पेन के फुटबॉल क्लब सीडी टेनेरिफ के स्ट्राइकर जीसस डी मिगुएल का 30 साल की उम्र में निधन हो गया। सोमवार, 2 नवंबर को स्पेन की दूसरी डिवीजन लीग में एफसी अंडोरा के खिलाफ मुकाबले के आखिरी मिनटों में उनकी टक्कर विपक्षी टीम के गोलकीपर जीसस ओवोनो से हो गई थी। गंभीर हालत में उन्हें मैदान से अस्पताल पहुंचाया गया। अगले दिन यानी 3 नवंबर की सुबह 8 बजे क्लब ने उनके निधन की पुष्टि की। यह हादसा मैच के इंजरी टाइम में हुआ, जब दोनों टीमें 2-2 की बराबरी पर थीं। अंडोरा के गोलकीपर ओवोनो गेंद को रोकने के लिए अपने गोल से काफी आगे निकल आए। इसी दौरान उनकी टक्कर डी मिगुएल से हुई। ओवोनो का घुटना डी मिगुएल के सीने से टकराया और स्ट्राइकर मैदान पर गिर पड़े। आखिरी मिनटों में हुआ हादसा, मैच रोकना पड़ा टेनेरिफ और अंडोरा के बीच मुकाबला स्पेन के सांता क्रूज डी टेनेरिफ स्थित हेलियोडोरो रोड्रिगेज लोपेज स्टेडियम में खेला जा रहा था। घरेलू टीम टेनेरिफ ने शुरुआत में 2-0 की बढ़त बना ली थी। लेकिन अंडोरा ने वापसी करते हुए 83वें मिनट में पेनल्टी से पहला गोल किया और 88वें मिनट में दूसरा गोल कर स्कोर बराबर कर दिया। गोलकीपर से टक्कर के बाद स्ट्राइकर मैदान पर बेहोश हो गए। डॉक्टरों और मेडिकल स्टाफ ने 5 मिनट से ज्यादा समय तक मैदान पर उनका इलाज किया। इसके बाद उन्हें स्ट्रेचर पर एम्बुलेंस तक ले जाया गया और अस्पताल पहुंचाया गया। रेफरी ने ओवोनो को सीधे रेड कार्ड दिखाया। घटना के बाद दोनों टीमों के खिलाड़ियों की हालत भी भावुक थी। मुकाबला आगे नहीं खेला गया और 2-2 के स्कोर पर रोक दिया गया। अस्पताल में पहले हालत स्थिर बताई, फिर बिगड़ गई स्पेनिश मीडिया के मुताबिक, डी मिगुएल को अस्पताल ले जाते समय एम्बुलेंस में कार्डियक अरेस्ट हुआ था। मेडिकल स्टाफ ने उन्हें CPR देकर दोबारा होश में लाने की कोशिश की। इसके बाद उन्हें सांता क्रूज के यूनिवर्सिटी हॉस्पिटल ऑफ नुएस्त्रा सेनोरा डे ला कैंडेलारिया में भर्ती कराया गया। टेनेरिफ ने सोमवार रात बताया था कि गंभीर हालत के बावजूद खिलाड़ी की स्थिति स्थिर है और उन्हें ICU में रखा गया है। मंगलवार सुबह क्लब ने जानकारी दी कि उनकी न्यूरोलॉजिकल स्थिति बिगड़ गई है। न्यूरोलॉजिकल स्थिति का मतलब दिमाग और नर्वस सिस्टम के काम करने की हालत से है। कुछ घंटे बाद क्लब ने सुबह 8 बजे उनके निधन की पुष्टि कर दी। छोटे क्लबों से शुरू हुआ सफर 2025 में टेनेरिफ पहुंचे, टीम को दूसरे डिवीजन में वापसी दिलाई जुलाई 2025 में डी मिगुएल ने टेनेरिफ के साथ तीन साल का करार किया। उस समय क्लब स्पेन के तीसरे स्तर की लीग में था और उसका लक्ष्य फिर से दूसरे डिवीजन में जगह बनाना था। डी मिगुएल ने टीम के आक्रमण को मजबूती दी और 11 गोल किए। उनके योगदान से टेनेरिफ ने तीसरे स्तर से प्रमोशन हासिल कर दूसरे डिवीजन में वापसी की। स्पेनिश फुटबॉल फेडरेशन ने मैच स्थगित किए इस घटना के बाद स्पेनिश फुटबॉल फेडरेशन (RFEF) ने मंगलवार को होने वाले अपने कुछ मुकाबले स्थगित कर दिए। इनमें कोपा डेल रे के दो और कोपा डी ला रीना का एक मैच शामिल था। कोपा डेल रे स्पेन का प्रमुख पुरुष नॉकआउट फुटबॉल टूर्नामेंट है, जबकि कोपा डी ला रीना महिला फुटबॉल की राष्ट्रीय कप प्रतियोगिता है।
IPL 2027 में नजर नहीं आएंगे मोहम्मद आमिर, ऑक्शन में शामिल होने की संभावना से किया इनकार
पाकिस्तान के पूर्व क्रिकेटर मोहम्मद आमिर के IPL ऑक्शन में होने की संभावना को लेकर बड़ी खबर सामने आई है। आमिर हाल ही में ब्रिटिश नागरिक बने हैं।
भारत की खुशबू राजकबाई दरजादा ने सेनेगल के डकार में चल रहे यूथ ओलिंपिक गेम्स में सिल्वर मेडल जीता है। उन्होंने जूडो में महिलाओं की 63kg कैटेगरी में यह उपलब्धि हासिल की। सोमवार देर शाम खेले गए फाइनल में उन्हें जर्मनी की जोलिना रेनहोल्ड से हार का सामना करना पड़ा। इसके साथ ही खुशबू यूथ ओलिंपिक में मेडल जीतने वाली दूसरी भारतीय जूडो खिलाड़ी बन गई हैं। उनसे पहले 2018 में मणिपुर की तबाबी देवी ने सिल्वर मेडल जीता था। तीन मुकाबले जीतकर फाइनल में पहुंचीं खुशबू ने फाइनल तक का सफर तीन मुकाबले जीतकर तय किया। उन्होंने पहले राउंड में गिनी की मामाइसा कामारा को हराया। इसके बाद क्वार्टरफाइनल में मोरक्को की अबीर बुआज्जाउई और सेमीफाइनल में अल्जीरिया की दुनिया बेराहुआल को शिकस्त दी। फाइनल में उनका सामना जर्मनी की जोलिना रेनहोल्ड से हुआ। खुशबू ने कहा कि वे अनुभवी जर्मन खिलाड़ी का सामना करने के लिए मानसिक और शारीरिक रूप से तैयार थीं। उन्होंने डकार में इंटरनेशनल लेवेल पर खेलने के अनुभव को शानदार बताया। इस साल दूसरा इंटरनेशनल मेडल जीता खुशबू का यह इस साल इंटरनेशनल लेवेल पर दूसरा मेडल है। इससे पहले उन्होंने जॉर्डन की राजधानी अम्मान में हुई एशियन कैडेट चैंपियनशिप की 63 किलोग्राम कैटेगरी में ब्रॉन्ज मेडल जीता था। गुजरात के सोमनाथ की रहने वाली खुशबू सात भाई-बहनों में सबसे छोटी हैं। उन्होंने 2021 में सोमनाथ की जूडो एकेडमी से जिला स्तर पर खेलना शुरू किया था। यहां प्रतियोगिताओं में मिली सफलता ने उन्हें इस खेल में आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया। अहमदाबाद में ट्रेनिंग से निखरा खेल 2023 में खुशबू का चयन अहमदाबाद के विजय भारत फाउंडेशन (VBF) हाई परफॉर्मेंस सेंटर में हुआ। यहां जूडो कोच लाल कृष्ण बघेल की देखरेख में उन्होंने ट्रेनिंग की। कोच बघेल के मुताबिक, सेंटर में बेहतर ट्रेनिंग और अच्छे स्पैरिंग पार्टनर्स की वजह से खुशबू को डकार में मेडल जीतने में मदद मिली। अगली प्रतियोगिता की तैयारी में जुटीं सिल्वर मेडल जीतने के बाद खुशबू फिलहाल परिवार के साथ जश्न मनाने के बजाय अगली प्रतियोगिता की तैयारी कर रही हैं। उन्हें खेलो इंडिया प्रतियोगिता में हिस्सा लेना है। खुशबू ने कहा कि प्रतियोगिता की तैयारी के कारण उन्हें माता-पिता से मिलने के लिए छुट्टी मिलना मुश्किल लग रहा है। ------------------------------------- स्पोर्ट्स की यह खबर भी पढ़ें… पाकिस्तानी गेंदबाज मोहम्मद आमिर IPL ऑक्शन में नहीं उतरेंगे:ब्रिटिश नागरिकता मिलने के बाद भी फैसला नहीं बदला; 16 दिसंबर को खिलाड़ियों की नीलामी पाकिस्तान के पूर्व तेज गेंदबाज मोहम्मद आमिर ने IPL 2027 ऑक्शन में शामिल होने से इनकार कर दिया है। 33 साल के आमिर ने ब्रिटिश नागरिकता हासिल कर ली है, इसके बावजूद वे IPL में खेलने के लिए अपना नाम रजिस्टर नहीं कराएंगे। उन्होंने मंगलवार को इसकी जानकारी दी। पूरी खबर पढ़ें…
VETO पर दिखेगा IND vs PAK का महामुकाबला, फ्री में देख पाएंगे SAFF चैंपियनशिप 2026 के सभी मैच
VETO ने SAFF चैंपियनशिप 2026 के स्ट्रीमिंग राइट्स हासिल कर लिए हैं। 5 से 17 नवंबर तक होने वाले इस टूर्नामेंट में 6 टीमें हिस्सा लेंगी। भारत और पाकिस्तान के बीच हाई-वोल्टेज मुकाबला 5 नवंबर को खेला जाएगा।
सऊदी अरब पर हालिया हमलों के बाद 'एएफसी एशियन कप' दिसंबर 2027 तक स्थगित
कुआलालंपुर, 3 नवंबर (आईएएनएस)। सऊदी अरब फुटबॉल फेडरेशन (एसएफएफ) और एशियन फुटबॉल कॉन्फेडरेशन (एएफसी) ने मंगलवार को बताया कि एएफसी एशियन कप सऊदी अरब 2027 को स्थगित कर दिया गया है। इस क्षेत्र में हुए हालिया हमलों के कारण 'लॉजिस्टिक्स से जुड़ी बड़ी मुश्किलें और यात्रा में रुकावटें' पैदा हो गई थीं।
Asian Champions Trophy: दक्षिण कोरिया से सेमीफाइनल भिड़ंत, Abhishek की फिटनेस बनी भारत की चिंता
(सौमोज्योति एस चौधरी)मोहाली, तीन नवंबर अभी तक बेहतरीन प्रदर्शन करके अजेय रही पांच बार की चैंपियन भारतीय टीम शानदार फॉर्म में चल रहे स्ट्राइकर अभिषेक की चोट के बावजूद दक्षिण कोरिया के खिलाफ बुधवार को यहां होने वाले एशियाई चैंपियंस ट्रॉफी (एसीटी) हॉकी टूर्नामेंट के सेमीफाइनल में जीत के प्रबल दावेदार के रूप में शुरुआत करेगी। एशियाई खेलों के चैंपियन भारत ने सोमवार को जालंधर में खेले गए छह टीमों के टूर्नामेंट के अपने आखिरी राउंड-रॉबिन मैच में दक्षिण कोरिया को 8-0 से करारी शिकस्त दी थी और वह इसे दोहराने के लिए प्रतिबद्ध होगा। भारत ने राउंड-रॉबिन चरण में बांग्लादेश को 13-0, चीन को 5-2, जापान को 4-1 और दक्षिण कोरिया को 8-0 से हराया था। लेकिन जापान के खिलाफ मैच से ठीक पहले अभिषेक के टखने में चोट लग गई जिससे भारतीय टीम प्रबंधन चिंतित होगा क्योंकि उन्होंने न केवल गोल किए हैं बल्कि अच्छे मौके भी बनाए हैं। भारत के मुख्य कोच क्रेग फुल्टन ने भी स्वीकार किया कि अभिषेक ने अभी तक शानदार भूमिका निभाई है। उन्होंने कहा, ‘‘हमें अभी पक्का पता नहीं है कि अभिषेक खेल पाएंगे या नहीं। वह चोटिल हैं और वह वापसी करेंगे या नहीं इसके लिए हमें इंतजार करना होगा लेकिन समय बहुत कम है।’’अभिषेक की अनुपस्थिति में अनुभवी स्ट्राइकर मनदीप सिंह, सुखजीत सिंह और शिलानंद लाकड़ा को अग्रिम पंक्ति में अधिक जिम्मेदारी निभानी होगी। मनदीप सिंह ने बांग्लादेश के खिलाफ पहले मैच में हैट्रिक लगाकर शानदार शुरुआत की थी लेकिन इसके बाद वह अपनी इस लय को बरकरार नहीं रख पाए।यदि अभिषेक नहीं खेल पाते हैं, तो आदित्य अर्जुन लालागे और अंगद बीर सिंह जैसे खिलाड़ियों को भी जिम्मेदारी संभालनी होगी। भारतीय कप्तान हरमनप्रीत सिंह को हालांकि उम्मीद है कि अभिषेक इस मैच में खेलने के लिए उपलब्ध रहेंगे। उन्होंने कहा, ‘‘वह अच्छी स्थिति में है। हमने उसे दो मैचों के लिए आराम दिया था। मुझे उम्मीद है कि वह सेमीफाइनल में खेलने के लिए पूरी तरह से फिट होगा।’’उपकप्तान हार्दिक सिंह ने विवेक सागर प्रसाद और नीलकांत शर्मा के साथ मिलकर मध्य पंक्ति में अच्छी भूमिका निभाई है। नीलकांत का यह भारत की तरफ से अंतिम टूर्नामेंट है। हरमनप्रीत भी शानदार फॉर्म में हैं। उन्होंने टूर्नामेंट में अभी तक नौ गोल किए हैं। इनमें से उन्होंने आठ गोल पेनल्टी कॉर्नर से और एक पेनल्टी स्ट्रोक से किया है। हरमनप्रीत ने जुगराज सिंह और अमित रोहिदास के साथ मिलकर भारतीय रक्षापंक्ति में भी अच्छी भूमिका निभाई है। युवा फॉरवर्ड विष्णुकांत सिंह को भी टूर्नामेंट में जितने मौके मिले हैं उनमें वह खरे उतरे हैं। वह जरूरत पड़ने पर टीम के लिए मध्य पंक्ति में खेलने के लिए तैयार हैं। विष्णुकांत ने कहा, ‘‘मैं लंबे समय से मौके का इंतजार कर रहा था। मैंने इसके लिए कड़ी मेहनत की और जापान के खिलाफ गोल करने से मेरा आत्मविश्वास बढ़ा है। मैं मध्य पंक्ति में खेलने के लिए भी तैयार हूं।’’भारतीय गोलकीपर सूरज करकेरा और कृष्ण बहादुर पाठक को टूर्नामेंट में अभी तक खास चुनौती का सामना नहीं करना पड़ा है और यह देखना दिलचस्प होगा कि अगर विरोधी टीम आक्रामक रवैया अपनाती है तो वह उससे कैसे निपटते हैं। पहला सेमीफाइनल जापान और एशियाई खेलों के रजत पदक विजेता मलेशिया के बीच खेला जाएगा। भारतीय टीम:गोलकीपर: सूरज करकेरा, कृष्ण बहादुर पाठक। डिफेंडर: संजय, हरमनप्रीत सिंह (कप्तान), अमित रोहिदास, जुगराज सिंह, जरमनप्रीत सिंह, अमनदीप लाकड़ा। मिडफील्डर: राजिंदर सिंह, आदित्य अर्जुन लालागे, नीलकांत शर्मा, हार्दिक सिंह, विवेक सागर प्रसाद, अंगद बीर सिंह। फॉरवर्ड: शिलानंद लाकड़ा, अभिषेक, सुखजीत सिंह, दिलप्रीत सिंह, मंदीप सिंह, विष्णुकांत सिंह। मैच का समय:पहला सेमीफ़ाइनल: जापान बनाम मलेशिया, शाम 4:30 बजेदूसरा सेमीफाइनल: भारत बनाम दक्षिण कोरिया, शाम 7:00 बजे।
गुजरात जायंट्स ने WPL ऑक्शन में 16 साल की समायरा राघव को 10 लाख रुपए में खरीदा है। दिल्ली की इस युवा ऑलराउंडर ने 7 साल की उम्र में क्रिकेट खेलना शुरू किया था। पहले वह एथलेटिक्स में थीं, लेकिन क्रिकेट में ज्यादा रुचि होने के बाद इसी को करियर बनाने का फैसला किया। समायरा ने दैनिक भास्कर से बातचीत में अपने क्रिकेट सफर, परिवार के सपोर्ट, WPL में खेलने की तैयारी और भविष्य के लक्ष्य पर बात की। उन्होंने कहा कि अगले 2-3 साल में वह भारतीय टीम की जर्सी पहनना चाहती हैं। सवाल: आपने 7 साल की उम्र में क्रिकेट खेलना शुरू किया था। क्रिकेट से जुड़ने की कहानी क्या है? समायरा: बचपन से ही मेरी खेलों में रुचि थी। मैं स्पोर्ट्स में कुछ करना चाहती थी और पहले एथलेटिक्स से जुड़ी हुई थी। एक दिन मुझे क्रिकेट अकादमी भेजा गया, जहां फील्डिंग का सेशन चल रहा था। मुझे इसमें काफी मजा आया। इसके बाद मैंने अपनी मर्जी से अकादमी जाना शुरू कर दिया। इस तरह क्रिकेट का सफर शुरू हुआ। सवाल: शुरुआत में आप एथलेटिक्स में थीं और स्प्रिंटर भी थीं। फिर क्रिकेट को करियर बनाने का फैसला कैसे किया? समायरा: उस समय मुझे लगता था कि मैं एक साथ कई चीजें कर सकती हूं। मैं काफी छोटी थी और अलग-अलग खेलों में हाथ आजमाना चाहती थी। मैंने स्केटिंग भी की, लेकिन सभी खेलों को आजमाने के बाद मुझे क्रिकेट सबसे ज्यादा पसंद आया। इसलिए मैंने इसी में आगे बढ़ने का फैसला किया। सवाल: क्रिकेट खेलने में परिवार में सबसे ज्यादा किसने आपका साथ दिया? समायरा: मेरे पिता ने हमेशा मेरा साथ दिया है। मां ने भी बहुत सपोर्ट किया। कई ऐसी बातें थीं, जो मैं पिता से साझा नहीं कर पाती थी, लेकिन मां से खुलकर बात करती थी। हालांकि, मेरी छोटी बहन ने मुझे सबसे ज्यादा सपोर्ट किया। जब मेरा प्रदर्शन अच्छा नहीं होता था, तब भी उसे मुझ पर सबसे ज्यादा भरोसा रहता था। सवाल: WPL ऑक्शन में गुजरात जायंट्स ने आपको 10 लाख रुपये में खरीदा। यह खबर मिलने पर आपका पहला रिएक्शन क्या था? समायरा: मैं अपनी रूममेट के साथ होटल में ऑक्शन देख रही थी। मुझे बिल्कुल उम्मीद नहीं थी कि मेरा नाम आएगा। जब मेरा नाम आया और गुजरात जायंट्स ने बोली लगाई, तो हम दोनों खुशी से चिल्लाने लगे। इसके बाद मेरे कोच का फोन आया। वे भी यह खबर सुनकर भावुक हो गए थे। सवाल: गुजरात जायंट्स के कोच माइकल क्लिंगर ने आपकी फिनिशिंग स्किल्स की तारीफ की थी। क्या आप उनसे मिली हैं? समायरा: हां, मुझे गुजरात जायंट्स के कैंप में दो दिन के लिए बेंगलुरु बुलाया गया था। वहां मेरी उनसे मुलाकात हुई। मुझे लगता है कि मेरी बल्लेबाजी से मैं उन्हें प्रभावित कर पाई। बातचीत के दौरान भी मुझे लगा कि वे मेरे खेल से खुश हैं। सवाल: गुजरात जायंट्स में कई बड़े खिलाड़ी हैं। आप किसके साथ ड्रेसिंग रूम साझा करने के लिए सबसे ज्यादा उत्साहित हैं? समायरा: मैं एश्ले गार्डनर के साथ खेलने के लिए काफी उत्साहित हूं। मैं उन्हें अपना आइडल मानती हूं। बेथ मूनी भी शानदार टी-20 बल्लेबाज हैं। मैं सभी खिलाड़ियों से मिलने और उनके साथ खेलने को लेकर उत्साहित हूं। सवाल: विमेंस दिल्ली प्रीमियर लीग में दिल्ली स्ट्राइकर्स के साथ आपका अनुभव कैसा रहा? समायरा: यह बहुत अच्छा अनुभव था। हमारी टीम चैंपियन बनी। टीम के खिलाड़ियों के बीच तालमेल और मैदान पर सभी का प्रयास शानदार था। सवाल: अगले 2-3 साल में आप खुद को किस मुकाम पर देखना चाहती हैं? समायरा: अगले 2-3 साल में क्या होगा, यह मेरे प्रदर्शन पर निर्भर करेगा। हालांकि, मैं खुद को भारतीय टीम की जर्सी में देखना चाहती हूं। देश के लिए खेलना हमेशा से मेरा सपना रहा है।
'इंग्लैंड से हार के बाद एक्शन लेना जरूरी था', अमोल मजूमदार ने वनडे विश्व कप 2025 को याद किया
इंडिया के हेड कोच अमोल मजूमदार ने बताया कि आईसीसी विमेंस क्रिकेट वर्ल्ड कप 2025 के दौरान इंग्लैंड से मिली हार के बाद उन्होंने ड्रेसिंग रूम में टीम की कमियों को दूर करने का फैसला किया। उनका मानना था कि टीम की किस्मत बदलने के लिए सीधा दखल देना जरूरी था।
'मैं चाहता था कि हमारी मजबूत टीम सभी 5 वनडे खेले': शुभमन गिल
ऑकलैंड, 3 नवंबर (आईएएनएस)। भारत के वनडे और टेस्ट कप्तान शुभमन गिल ने कहा कि वह चाहते थे कि न्यूजीलैंड दौरे पर वनडे और टेस्ट मैचों के बीच टी20 मैच हों, ताकि भारतीय टीम पांच मैचों की सीरीज के आखिरी दो वनडे मैचों के लिए पूरी ताकत वाली टीम उतार सके और खिलाड़ियों को दो मैचों की अहम टेस्ट सीरीज की तैयारी के लिए काफी समय मिल सके।
पाकिस्तान क्रिकेट टीम का ऐलान, इसी महीने होगा भारत से मुकाबला
एशिया कप राइजिंग स्टार्स के लिए पाकिस्तान क्रिकेट टीम का ऐलान कर दिया है। टीम की कप्तानी अब्दुल समद को दी गई है। भारत और पाकिस्तान के बीच भी मुकाबला खेला जाएगा।
'इंग्लैंड से हार के बाद एक्शन लेना जरूरी था', अमोल मजूमदार ने वनडे विश्व कप 2025 को याद किया
नई दिल्ली, 3 नवंबर (आईएएनएस)। इंडिया के हेड कोच अमोल मजूमदार ने बताया कि आईसीसी विमेंस क्रिकेट वर्ल्ड कप 2025 के दौरान इंग्लैंड से मिली हार के बाद उन्होंने ड्रेसिंग रूम में टीम की कमियों को दूर करने का फैसला किया। उनका मानना था कि टीम की किस्मत बदलने के लिए सीधा दखल देना जरूरी था।
India vs New Zealand ODI: अनुभवहीन गेंदबाजी के साथ उतरेगी भारतीय टीम, नजरें Rohit और Kohli पर
ऑकलैंड, तीप नवंबर रोहित शर्मा और विराट कोहली पर एक बार फिर से सभी की निगाहें टिकी रहेंगी लेकिन भारत के अनुभवहीन गेंदबाजी आक्रमण के कारण न्यूजीलैंड बुधवार से यहां शुरू होने वाली पांच मैचों की वनडे श्रृंखला में बेहतर स्थिति में नजर आ रहा है। वनडे श्रृंखला के बाद होने वाली टेस्ट श्रृंखला को ध्यान में रखकर जसप्रीत बुमराह को विश्राम दिया गया है जबकि प्रसिद्ध कृष्णा और हर्षित राणा चोटिल होने के कारण टीम से बाहर हैं। ऐसे में अनुभवी मोहम्मद सिराज को अतिरिक्त जिम्मेदारी उठानी होगी। सिराज के अलावा भारतीय टीम में शामिल अन्य चार विशेषज्ञ गेंदबाजों अर्शदीप सिंह (18), गुरनूर बराड़ (09), अंशुल कंबोज और औकिब नबी (एक-एक) के पास कुल मिलाकर 29 वनडे मैचों का अनुभव है। टौरंगा में पांचवें और अंतिम वनडे के तुरंत बाद शुरू होने वाली टेस्ट श्रृंखला को ध्यान में रखते हुए अंतिम दो वनडे में भारत के कुछ स्टार खिलाड़ी नहीं खेलेंगे। वनडे श्रृंखला 15 नवंबर को समाप्त होगी और पहला टेस्ट मैच 19 नवंबर को वेलिंगटन में खेला जाएगा। यहां तक कि कप्तान शुभमन गिल भी टेस्ट मैचों पर ध्यान केंद्रित करने के लिए आखिरी दो वनडे मैचों में नहीं खेलेंगे। गिल ने पहले वनडे की पूर्व संध्या पर कहा, ‘‘अगर वनडे श्रृंखला और टेस्ट श्रृंखला के बीच कुछ अधिक अंतराल होता तो हम सभी पांच मैच में खेलते लेकिन वनडे और टेस्ट मैचों के बीच बहुत कम अंतराल होने के कारण हमें कार्यभार का प्रबंधन करना होगा। इसलिए टेस्ट टीम में शामिल कुछ खिलाड़ी आखिरी दो वनडे नहीं खेल पाएंगे।’’दक्षिण अफ्रीका की ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ टेस्ट श्रृंखला में जीत के बाद विश्व टेस्ट चैंपियनशिप की तालिका में चौथे नंबर पर काबिज भारत के लिए फाइनल में पहुंचने की राह कठिन हो गई है। उसे अब बाकी बचे सात टेस्ट मैचों में से कम से कम छह जीतने होंगे और साथ ही यह भी उम्मीद करनी होगी कि कुछ अन्य मैचों के परिणाम उसके अनुकूल रहें। यही वजह है कि भारत टेस्ट श्रृंखला को ज्यादा प्राथमिकता दे रहा है। वनडे में भारत के शीर्ष पांच बल्लेबाज लगभग तय हैं। रोहित और कप्तान गिल पारी की शुरुआत करेंगे। उनके बाद कोहली और उप कप्तान श्रेयस अय्यर का नंबर आता है। अनुभवी विकेटकीपर बल्लेबाज केएल राहुल पांचवें नंबर पर बल्लेबाजी करेंगे, जबकि ऑलराउंडर अक्षर पटेल और नितीश कुमार रेड्डी (जो केवल पहले वनडे के लिए उपलब्ध हैं) को छठे और सातवें नंबर पर बल्लेबाजी के लिए भेजा जा सकता है। हर्षित राणा के चोटिल होने के कारण भारतीय टीम प्रबंधन आठवें नंबर पर अंशुल कंबोज को आजमा सकता है जो आक्रामक बल्लेबाजी करने में भी सक्षम हैं। ईडन पार्क की सीधी बाउंड्री बेहद छोटी हैं और उसकी दूरी केवल 55 मीटर है। ऐसे में भारत सिराज, अर्शदीप सिंह और लंबे कद के गुरनूर बराड़ को अंतिम एकादश में रख सकता है। हार्दिक पंड्या की अनुपस्थिति के कारण कुलदीप यादव के लिए अंतिम एकादश में जगह बनाना मुश्किल हो रहा है भले ही उन्होंने भारत के वर्तमान गेंदबाजी आक्रमण में सर्वाधिक 201 विकेट लिए हैं। लेकिन 11 से 40 ओवर के बीच सर्कल के बाहर केवल चार क्षेत्ररक्षकों को ही अनुमति दी जाती है और ऐसे में बीच के ओवर अधिक महत्वपूर्ण हो गए हैं। इसलिए कुलदीप की भूमिका महत्वपूर्ण हो सकती है। गिल ने कहा, ‘‘बीच के ओवरों में विकेट लेने के लिए अच्छा विकल्प होना बहुत जरूरी है। सीधी बाउंड्री और उसकी कम दूरी देखते हुए मैं नहीं जानता कि इस मैदान पर स्पिनर कितने ओवर कर पाएंगे। लेकिन विश्व कप को ध्यान में रखते हुए बीच के ओवरों में एक स्ट्राइक गेंदबाज का होना बहुत महत्वपूर्ण है जो विकेट ले सके।’’भारत अगर तेज गेंदबाजी विभाग में कमजोर है तो न्यूजीलैंड की टीम में अधिकतर खिलाड़ी उम्रदराज हैं। उसकी वनडे टीम की औसत आयु 34 से 35 के बीच है। ऐसे में कप्तान मिचेल सैंटनर ने संकेत दिए कई खिलाड़ियों के लिए 2027 में होने वाला वनडे विश्व कप आखिरी टूर्नामेंट हो सकता है। इन खिलाड़ियों में वह भी शामिल हैं। उन्होंने कहा, ‘‘हमारे अधिकतर खिलाड़ियों की उम्र लगभग 34 या 35 के आसपास है। वनडे विश्व कप के बाद, सारा ध्यान फिर से टी20 क्रिकेट पर केंद्रित हो जाएगा। मुझे अभी तक किसी खिलाड़ी ने अपनी भावी योजना के बारे में नहीं बताया है, लेकिन ऐसा हो सकता है।’’टीम इस प्रकार हैं:भारत: शुभमन गिल (कप्तान), रोहित शर्मा, विराट कोहली, श्रेयस अय्यर (उपकप्तान), केएल राहुल (विकेटकीपर), नितीश कुमार रेड्डी, अक्षर पटेल, अंशुल कंबोज, औकिब नबी, गुरनूर बराड़, मोहम्मद सिराज, अर्शदीप सिंह, इशान किशन, कुलदीप यादव, नमन धीर। न्यूजीलैंड: मिचेल सैंटनर (कप्तान), टिम सीफर्ट, हेनरी निकोल्स, टॉम लैथम (विकेटकीपर), विल यंग, ग्लेन फिलिप्स, डैरिल मिचेल, माइकल ब्रैसवेल, जैकब डफी, काइल जैमीसन, मैथ्यू फिशर, मैट हेनरी, ब्लेयर टिकनर, नाथन स्मिथ। मैच भारतीय समयानुसार सुबह 7:30 बजे शुरू होगा।
मिशेल सैंटनर : रोहित-विराट के विकेट पहले ओवरों में लेने की कोशिश करेंगे
ऑकलैंड, भारत के खिलाफ बुधवार से शुरू हो रही पांच वनडे मैचों की सीरीज में न्यूजीलैंड की सबसे बड़ी चिंता भारतीय टीम के दिग्गज बल्लेबाजों विराट कोहली और रोहित शर्मा के विकेट हैं। न्यूजीलैंड के कप्तान मिशेल सैंटनर ने कहा है कि उनकी कोशिश सीरीज में कोहली और रोहित को शांत रखने की होगी।

