इंडिया-ए के खिलाड़ी वैभव सूर्यवंशी की धक्का-मुक्की की कंट्रोवर्सी टीम इंडिया तक पहुंच गई है। टीम के स्पिन बॉलिंग कोच साईराज बहुतुले ने मंगलवार को कहा कि सूर्यवंशी शांत स्वभाव का लड़का है, लेकिन पता नहीं उसे कैसे उकसाया गया। बहुतुले ने यह बात मंगलवार को प्रेस कॉफ्रेंस में कही। उन्होंने कहा- वैभव अभी सिर्फ 15 साल के हैं और सीख रहे हैं। हम यह सुनिश्चित करेंगे कि वैभव को पूरी जानकारी दी जाए कि ऐसा क्यों हुआ। वह एक युवा बच्चा है जिसके ऊपर बड़ी जिम्मेदारियां हैं। मुझे उम्मीद है कि वह इस बात को समझेगा और भविष्य में ऐसी गलती दोबारा नहीं दोहराएगा। इस तरह की घटनाओं से बचा जा सकता है। सोमवार को दांबुला में खेले गए ट्राई-नेशन ए सीरीज के एक रोमांचक मुकाबले में इंडिया-ए को श्रीलंका-ए के खिलाफ हार मिली। मैच के बाद भारत के 15 साल के बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी और श्रीलंकाई खिलाड़ी विशन हलमबागे के बीच बहस हो गई। इस घटना पर बहुतुले ने कहा, श्रीलंकाई खिलाड़ियों को भी सिखाया जाना चाहिए कि मैदान पर कैसा व्यवहार करना है। यही बात हमारे खिलाड़ियों पर भी लागू होती है। यह एक दुर्भाग्यपूर्ण घटना थी और इस मामले को टीम के भीतर (इंटरनली) सुलझाया जाएगा। वैभव की श्रीलंकाई खिलाड़ी से हुई थी धक्का-मुक्की दांबुला में सोमवार को खेला गया मुकाबला टाई हुआ। इसके बाद श्रीलंका-ए ने सुपर ओवर में 16 रन बनाए। जवाब में भारत 9 रन ही बना सका। भारत के मैच हारने के बाद श्रीलंकाई खिलाड़ियों ने वैभव को कुछ कहा। इससे वैभव भड़क गए और उनकी श्रीलंकाई खिलाड़ी के साथ धक्का-मुक्की हो गई। श्रीलंकाई खिलाड़ी के कमेंट से हुआ विवाद घटना से जुड़ी जो नई जानकारियां सामने आई हैं, उनके मुताबिक मैच जीतने के बाद मेजबान टीम के खिलाड़ी विशन हलमबागे ने वैभव पर कमेंट किया था। हलमबागे ने वैभव से कहा, मैच खत्म... अब तुम घर जाओ। इस टिप्पणी पर सूर्यवंशी ने तीखी प्रतिक्रिया दी। विशन हलमबागे की बात सुनकर वैभव ने पहले उन्हें जवाब दिया और फिर श्रीलंकाई खिलाड़ी को धक्का दे दिया। इसके बाद दोनों खिलाड़ी आमने-सामने आ गए और स्थिति गंभीर हो गई। हालांकि, मैदान पर मौजूद दोनों टीमों के बाकी खिलाड़ियों ने तुरंत बीच-बचाव किया और दोनों को एक-दूसरे से अलग किया। ------------------------ स्पोर्ट्स की यह खबर भी पढ़ें… वैभव सूर्यवंशी ने श्रीलंकाई खिलाड़ी को धक्का मारा:सुपर ओवर में भारत-ए की हार के बाद हुई बहस श्रीलंका-ए ने सोमवार को दांबुला में खेले गए ट्राई सीरीज के रोमांचक मुकाबले में भारत-ए को सुपर ओवर में हरा दिया। मैच के बाद 15 साल के वैभव सूर्यवंशी की श्रीलंकाई खिलाड़ी विशेन हलंबागे से बहस हो गई और इसी दौरान उन्होंने हलंबागे को धक्का भी दे दिया। श्रीलंकाई विकेटकीपर निरोशन डिकवेला ने बीचबचाव कर मामला शांत कराया। पूरी खबर पढ़ें…
World Cup में नस्लवाद का बवाल! Referee Shaun Evans को FIFA ने दी क्लीन चिट, कहा- कोई उल्लंघन नहीं
विश्व कप के एक वीडियो समीक्षा रेफरी ने कहा कि श्वेत वर्चस्ववादी चिन्ह से मिलता-जुलता उनका हाथ का इशारा बिना किसी पूर्व योजना के नहीं बल्कि अचानक हुआ और विश्व फुटबॉल की सर्वोच्च संस्था फीफा की समिति ने भी कहा कि इस ऑस्ट्रेलियाई अधिकारी ने खेल के अनुशासनात्मक नियमों का उल्लंघन नहीं किया है।इस तरह का इशारा करने के कारण रेफरी शॉन इवांस को टूर्नामेंट से हटाने की मांग की जा रही है। जर्मनी की रविवार को क्यूरासाओ के खिलाफ 7-1 से जीत के दौरान इवांस ने डलास स्थित विश्व कप प्रसारण केंद्र में वीडियो सहायक रेफरी के रूप में काम किया था। जब खेल शुरू होने से पहलेकैमरा आधिकारिक प्रसारण वीडियो समीक्षा अधिकारियों को दिखाने के लिए रुका तो इवांस ने अपने दाहिने हाथ से अपने दाहिने पैर के सामने ‘ओके’ का संकेत बनाया।फीफा के एक बयान में इवांस ने कहा, ‘‘मैंने जानबूझकर किसी संदेश, संबद्धता, खेल या किसी भी प्रकार के विश्वास को व्यक्त करने के लिए हाथ का इशारा या चिह्न नहीं बनाया था। मैं केवल यही स्पष्टीकरण दे सकता हूं कि वह हरकत अनैच्छिक, अवचेतन में हुई थी और मुझे उस समय इसका अहसास नहीं था। मैच के दौरान ली गई तस्वीरों से पता चला कि मैंने अपनी उंगलियों के बीच पेन पकड़े हुए इस हरकत को कई बार दोहराया था।’अंगूठे और तर्जनी को एक वृत्त में मिलाकर और अन्य उंगलियों को फैलाकर किए जाने वाले इस इशारे को 2019 में न्यूयॉर्क स्थित एक संस्था ने भेदभाव का प्रतीक घोषित किया था। फीफा ने हालांकि इस अधिकारी को क्लीन चिट दे दी है। फीफा की स्वतंत्र अनुशासनात्मक समिति ने बयान में कहा, ‘‘वीडियो सहायक रेफरी शॉन इवांस से जुड़े मामले की जांच करने के बाद उसे फीफा अनुशासनात्मक संहिता के उल्लंघन का कोई सबूत नहीं मिला है।
FIFA World Cup: Iran का गंभीर आरोप, US ने टीम को मैच के तुरंत बाद देश छोड़ने को कहा!
FIFA वर्ल्ड कप के अपने पहले मैच में न्यूज़ीलैंड के साथ 2-2 से ड्रॉ खेलने के बाद, अमेरिकी अधिकारियों ने ईरान की टीम को तुरंत लॉस एंजिल्स छोड़ने का आदेश दिया। इसके बाद ईरान ने FIFA पर भेदभावपूर्ण व्यवहार का आरोप लगाया है। टीम के हेड कोच अमीर घालेनोई ने अपनी टीम को टूर्नामेंट की सबसे ज़्यादा परेशान की गई टीम बताया है। ईरान के कप्तान मेहदी तारेमी, मिडफील्डर मोहम्मद मोहेबी और कोच घालेनोई ने बार-बार आ रही लॉजिस्टिकल चुनौतियों पर अपनी नाराज़गी ज़ाहिर की, जिनकी वजह से टीम की तैयारियों में रुकावट आई। कोच के मुताबिक, सोमवार रात के मैच के बाद टीम को रिकवरी के लिए लॉस एंजिल्स में रुकने के बजाय मेक्सिको के तिजुआना में अपने ट्रेनिंग बेस पर लौटने का निर्देश दिया गया था। इसे भी पढ़ें: US-Iran Deal से इजरायल बाहर! क्या समझौते का होगा पालन, ट्रंप vs नेतन्याहू अब होने वाला है? घलेनोई ने कहा कि आज मैच के बाद उन्होंने हमसे कहा, 'आपको तुरंत निकलना होगा।' जबकि आज हमारे लिए रिकवरी बहुत ज़रूरी है। कोच ने इस फ़ैसले पर सवाल उठाए और कहा कि टूर्नामेंट की तैयारी के दौरान ईरान को कई मुश्किलों का सामना करना पड़ा। उन्होंने बताया कि टीम की योजना मैच से दो दिन पहले लॉस एंजिल्स पहुँचने, मैच के बाद रात वहीं रुकने और अगले दिन मेक्सिको लौटने की थी। घलेनोई ने कहा कि मुझे लगता है कि पूरे वर्ल्ड कप में हमारी टीम के साथ सबसे ज़्यादा नाइंसाफ़ी हुई है। हमारी फ़ेडरेशन यहाँ नहीं है, हमारी मीडिया यहाँ नहीं है, हमारा मैनेजमेंट यहाँ नहीं है। वीज़ा और यात्रा से जुड़ी दिक्कतों की वजह से ईरान की तैयारियों में मुश्किलें आईं। अमेरिकी इमिग्रेशन प्रक्रियाओं को लेकर चिंताओं के कारण टीम को टक्सन, एरिज़ोना में ट्रेनिंग बेस बनाने का प्लान छोड़ना पड़ा और इसके बजाय तिजुआना में कैंप लगाना पड़ा। ये चिंताएँ तब सही साबित हुईं जब ख़बरों के मुताबिक ईरान के सपोर्ट स्टाफ़ के कई सदस्यों को अमेरिका में घुसने के लिए वीज़ा नहीं मिला। इसे भी पढ़ें: Donald Trump का बड़ा बयान- ईरान को नहीं देंगे 300 अरब डॉलर, Peace Deal की खबर 'Fake News' इस वजह से, ईरान की टीम लॉस एंजिल्स बिना ज़रूरी सपोर्ट स्टाफ़ के पहुँची, जिसमें मीडिया ऑफ़िसर, एनालिस्ट और फ़ेडरेशन के प्रेसिडेंट मेहदी ताज भी शामिल नहीं थे। तारेमी ने कहा कि लगातार यात्रा और अनिश्चितता की वजह से टीम की मैचों के लिए ठीक से तैयारी करने की क्षमता पर असर पड़ रहा था। उन्होंने बताया कि तिजुआना से लॉस एंजिल्स की यात्रा, जिसमें आम तौर पर कुछ घंटे लगते हैं, उसमें देरी के कारण लगभग पाँच घंटे लग गए; माना जा रहा है कि यह देरी इमिग्रेशन प्रक्रियाओं से जुड़ी थी। For more Sports News in Hindi Today please click here.
FIFA World Cup 2026: 'कॉम्पिटिटिव एनिमल' Messi फिर मैदान पर, Argentina को 'दूसरी ट्रॉफी' की उम्मीद
अर्जेंटीना के कोच लियोनेल स्कालोनी और डिफेंडर निकोलस ओटामेंडी ने मंगलवार को अल्जीरिया के खिलाफ होने वाले फीफा वर्ल्ड कप के अपने पहले मैच से पहले टीम में वर्ल्ड कप विजेता स्टार लियोनेल मेसी की अहमियत पर ज़ोर दिया। 2022 में कतर में हुए पिछले वर्ल्ड कप में FIFA वर्ल्ड कप का खिताब जीतकर फुटबॉल की दुनिया के शिखर पर पहुंचने वाले मेसी एक बार फिर चर्चा का केंद्र हैं और फुटबॉल प्रेमियों की पसंद बने हुए हैं; यह अनुभवी खिलाड़ी अपने संभावित आखिरी वर्ल्ड कप में लगातार दूसरी बार खिताब जीतने की कोशिश कर रहा है। इसे भी पढ़ें: FIFA World Cup 2024 में 68 साल बाद टूटा रिकॉर्ड! एक ही दिन में 4 धमाकेदार Matches हुए ड्रॉ, फैंस हैरान मैच से पहले, रॉयटर्स के अनुसार स्कालोनी ने पत्रकारों से कहा कि हर कोई उन्हें मैदान पर देखना चाहता है। स्कालोनी ने कहा कि सिर्फ़ अर्जेंटीना के लोग ही नहीं, बल्कि हमारा मानना है कि हर कोई उन्हें मैदान पर देखना चाहता है, उन्हें खेलते हुए देखना चाहता है। मेसी 6 जून को होंडुरास के खिलाफ़ हुए फ्रेंडली मैच में नहीं खेले थे, जिसे मौजूदा चैंपियन ने आसानी से 2-0 से जीता था, लेकिन पिछले हफ़्ते आइसलैंड के खिलाफ़ 3-0 की जीत में वे सब्स्टीट्यूट के तौर पर उतरे और पेनल्टी किक से गोल किया। स्कालोनी ने इस बात की किसी भी चिंता को खारिज कर दिया कि 38 साल के मेसी टीम पर बोझ बन सकते हैं; उन्होंने कहा कि वे हमेशा से टीम के लिए अहम रहे हैं, भले ही हाल के समय में उन्हें थकान और फ़िटनेस से जुड़ी समस्याओं का सामना करना पड़ा हो। कोच ने कहा कि वह हमेशा से टीम का अहम हिस्सा रहे हैं और हमारे लिए बहुत ज़रूरी रहे हैं। और अब तो उनकी अहमियत और भी बढ़ गई है। मेसी के लंबे समय से साथी खिलाड़ी ओटामेंडी ने भी उनके साथ बिताए सफ़र को याद किया। उन्होंने मेसी को इतिहास का सबसे बेहतरीन खिलाड़ी और मुकाबले के लिए हमेशा तैयार रहने वाला खिलाड़ी बताया। डिफेंडर ने कहा कि हमने साथ में कई यादगार पल बिताए हैं। इसे भी पढ़ें: फीफा वर्ल्ड कप में Manuel Neuer का ऐतिहासिक कारनामा, 5वां World Cup खेलकर रचा इतिहास उन्होंने अपनी बात खत्म करते हुए कहा कि वह एक सादे इंसान हैं जो ट्रेनिंग कैंप और प्रैक्टिस का मज़ा लेते हैं और उसके लिए खुद को तैयार करते हैं। साथ ही, वह मुकाबले के लिए हमेशा तैयार रहने वाले खिलाड़ी हैं। यह बात आपको भी कोशिश करते रहने और आराम न करने के लिए प्रेरित करती है; आप उनके साथ बने रहने, उनका साथ देने और उनकी मदद करने की कोशिश करते हैं। For more Sports News in Hindi Today please click here.
अमेरिका में फुटबॉल वर्ल्ड कप खेल रहे ईरान के हेड कोच आमिर घालेनोई ने कहा कि टीम को मैच के तुरंत बाद अमेरिका छोड़कर मेक्सिको लौटने का आदेश दिया गया। इससे खिलाड़ियों की रिकवरी प्रभावित हुई। घालेनोई ने बताया, ‘हमारा प्लान कैलिफोर्निया में रात बिताने के बाद अगले दिन दोपहर में तिजुआना (मेक्सिको) स्थित बेस कैंप लौटने का था। लेकिन हमें मैच के बाद सभी को तुरंत निकलने को कहा गया। टीम को आराम करने तक का समय तक नहीं दिया गया। हमें मैच के तुरंत बाद लौटना पड़ा।' मंगलवार सुबह लॉस एंजिलिस में ईरान का मुकाबला न्यूजीलैंड से हुआ। ईरान ने न्यूजीलैंड को 2-2 की बराबरी पर रोक दिया था। सोफी स्टेडियम में मैच के दौरान ईरानी फैंस मौजूद रहे। हालांकि, स्टेडियम के बाहर ईरानी सरकार के विरोध में प्रदर्शन भी हुए। कप्तान तारेमी बोले- हमारे लिए सब कुछ बेहद मुश्किल मैच के बाद ईरान के कप्तान मेहदी तारेमी ने ट्रैवल अरेंजमेंट्स पर नाराजगी जताई। उन्होंने कहा कि तिजुआना से लॉस एंजिल्स पहुंचने में टीम को करीब पांच घंटे लगे। जबकि सामान्य परिस्थितियों में यह सफर काफी छोटा माना जाता है। सुरक्षा जांच और अन्य प्रक्रियाओं के कारण खिलाड़ियों को अतिरिक्त परेशानी झेलनी पड़ी। कप्तान ने कहा- 'टीम को फीफा से ज्यादा सहयोग की उम्मीद थी। इस समय हमारे लिए सब कुछ बेहद मुश्किल हो गया है।' वीजा विवाद से पहले ही प्रभावित रही तैयारी ईरानी फुटबॉल टीम की तैयारियां पहले से कई समस्याओं से घिरी रही है। अमेरिका ने ईरान फुटबॉल महासंघ के कुछ अधिकारियों, सहयोगी स्टाफ और मीडिया प्रतिनिधियों को वीजा नहीं दिए जाने के कारण टीम का सपोर्ट सिस्टम भी प्रभावित हुआ है। ईरान ने अमेरिका में बेस कैंप बनाने के बजाय मेक्सिको के तिजुआना को अपना ठिकाना बनाया है। इससे हर अमेरिकी मैच के लिए अतिरिक्त यात्रा करनी पड़ रही है। अब बेल्जियम-मिस्र जैसी मजबूत टीमों से मैच ईरान को अब ग्रुप स्टेज में बेल्जियम और मिस्र जैसी मजबूत टीमों का सामना करना है। न्यूजीलैंड के खिलाफ ड्रॉ के बाद टीम पर अगले दोनों मुकाबलों में बेहतर प्रदर्शन का दबाव बढ़ गया है। ईरान ग्रुप-जी की पॉइंट्स टेबल में नंबर-2 पर है… ----------------------------------------------- ईरानी की फुटबॉल टीम से जुड़ी यें खबरें भी पढ़िए… 1. ईरानी ने न्यूजीलैंड को पहली जीत से रोका लॉस एंजिलिस में ईरान ने न्यूजीलैंड की फुटबॉल वर्ल्ड कप में पहली वर्ल्ड कप जीत की उम्मीदों पर पानी फेर दिया। दोनों के बीच का मैच 2-2 की बराबरी पर समाप्त हुआ। न्यूजीलैंड से एलिजाह जस्ट ने दो गोल किए। वे वर्ल्ड कप के एक ही मैच में एक से अधिक गोल करने वाले न्यूजीलैंड के पहले खिलाड़ी बने हैं। इससे पहले मिस्र और बेल्जियम का मैच 1-1 से ड्रॉ रहा। पढ़ें पूरी खबर 2. फुटबॉल वर्ल्डकप के बीच ईरानी ट्रेनिंग-बेस के बाहर शव मिला फुटबॉल वर्ल्ड कप के दौरान ईरान फुटबॉल टीम के ट्रेनिंग बेस के पास कार से शव मिलने का मामला सामने आया है। पुलिस ने स्टेडियम के बाहर खड़ी कार की डिक्की से शव बरामद कर जांच शुरू कर दी है। पढ़ें पूरी खबर
एफआईएच महिला नेशंस कप : भारत ने जापान को 2-1 से हराया, अंक तालिका में टॉप पर पहुंची टीम
भारत ने मंगलवार को एफआईएच हॉकी महिला नेशंस कप 2026 में पूल 'ए' के अपने दूसरे मुकाबले में जापान को 2-1 से हराकर सेमीफाइनल में जगह पक्की कर ली है। भारत ने अब तक अपने दोनों पूल मैच जीते हैं।
फीफा वर्ल्डकप 2026: हनी के 'सेल्फ गोल' की वजह से मिस्र बेल्जियम के खिलाफ ऐतिहासिक जीत से चूका
फीफा वर्ल्ड कप 2026 में ग्रुप 'जी' के अपने पहले मुकाबले में बेल्जियम के साथ 1-1 से ड्रॉ खेलने के बाद मिस्र को ऐतिहासिक जीत का मौका गंवाने का अफसोस रहा।
ट्यूनीशिया ने फुटबॉल वर्ल्ड कप में स्वीडन के खिलाफ मिली 1-5 की हार के बाद अपने हेड कोच साबरी लामूशी को हटा दिया है। लामूशी इस वर्ल्ड कप में पोस्ट गंवाने वाले पहले कोच बन गए हैं। रिपोर्ट के अनुसार, लामूशी की विदाई की वजह केवल हार ही नहीं थी। टीम के भीतर असंतोष और ड्रेसिंग रूम में तनाव भी था। लामूशी ने महज 5 मैचों में ट्यूनीशिया की कोचिंग की। कोच मोंधेर केबायर को इंटरिम कोच बनाया जा सकता है। ट्यूनीशिया को अब ग्रुप चरण में जापान और नीदरलैंड्स जैसी मजबूत टीमों का सामना करना है। टीम 21 जून को जापान और 26 जून को नीदरलैंड्स से भिड़ेगी। ---------------------------------- स्पोर्ट्स से जुड़ी यह खबरें भी पढ़िए… नेमार की फिटनेस पर कोई रिस्क नहीं लेना चाहती है ब्राजील की मेडिकल टीम ब्राजील के स्टार फुटबॉलर नेमार फीफा वर्ल्ड कप 2026 के ग्रुप स्टेज के सभी मुकाबले मिस कर सकते हैं। पिंडली की चोट से उबर रहे नेमार को लेकर ब्राजील की मेडिकल टीम कोई जोखिम नहीं लेना चाहती और उनका फोकस नॉकआउट चरण तक खिलाड़ी को पूरी तरह फिट करने पर है। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, ब्राजील प्रबंधन नहीं चाहता कि जल्द वापसी के प्रयास में नेमार की चोट दोबारा उभर जाए और उनका टूर्नामेंट समय से पहले खत्म हो जाए। नेमार मोरक्को के खिलाफ ब्राजील के पहले मुकाबले में नहीं खेले थे। उन्हें शनिवार को हैती के खिलाफ होने वाले मुकाबले में नहीं उतारा जाएगा। 32 वर्षीय नेमार को 17 मई को सैंटोस के लिए खेलते हुए ग्रेड-2 पिंडली की चोट लगी थी। इसके बाद से वह रिकवरी प्रक्रिया में हैं। हाल के दिनों में उन्होंने जिम में ट्रेनिंग का लेवल बढ़ाया है, लेकिन अभी तक टीम के साथ मैदान पर रेग्युलर ट्रेनिंग सेशन शुरू नहीं किया है। ----------------------------------------------------------- स्पेनिश फुटबॉलर राफा मिर को यौन उत्पीड़न मामले में साढ़े 8 साल की जेल स्पेन के फुटबॉलर राफा मिर को दो महिलाओं के यौन उत्पीड़न के मामले में साढ़े आठ साल की जेल की सजा सुनाई गई है। स्पेन की एक अदालत ने उन्हें यौन उत्पीड़न और शारीरिक नुकसान पहुंचाने का दोषी ठहराया। मामले में शामिल एक अन्य फुटबॉलर को भी ढाई साल की सजा मिली है। स्पेन के वालेंसिया क्षेत्र की एक निचली अदालत ने सोमवार को फैसला सुनाते हुए कहा कि राफा मिर और एक अन्य खिलाड़ी ने 2024 में मिर के वालेंसिया स्थित घर पर दो महिलाओं का यौन उत्पीड़न किया था। उस समय मिर वालेंसिया क्लब के लिए खेल रहे थे। अदालत ने 28 वर्षीय मिर को यौन उत्पीड़न के लिए सात साल और शारीरिक नुकसान पहुंचाने के लिए अतिरिक्त 18 महीने की सजा सुनाई। इस तरह कुल सजा साढ़े आठ साल की हुई। मामले में शामिल दूसरे खिलाड़ी पाब्लो जेजी को यौन उत्पीड़न और मारपीट के आरोप में ढाई साल की जेल की सजा दी गई। सुनवाई के दौरान राफा मिर ने सभी आरोपों को खारिज किया। उनका कहना था कि दोनों महिलाओं ने उनकी सहमति से शारीरिक संबंध बनाए थे। हालांकि अदालत ने उनके तर्क को स्वीकार नहीं किया और दोषी ठहराया। --------------------------------------------------
बेल्जियम को मिस्र ने ड्रॉ पर रोका:लुकाकू के मैदान पर आते ही बराबरी का गोल हुआ, मैच 1-1 से खत्म
मिस्र का फुटबॉल वर्ल्ड कप में पहली जीत हासिल करने का 92 साल का इंतजार और बढ़ गया है। उसने मंगलवार को 9वें नंबर की टीम बेल्जियम पर बढ़त हासिल कर ली थी। लेकिन, बेल्जियम के स्टार स्ट्राइकर रोमेलू लुकाकू ने मैदान पर उतरते ही बॉक्स के अंदर अफरा-तफरी पैदा की। हड़बड़ी में मिस्र के डिफेंडर मोहम्मद हानी ने ऑन गोल कर दिया। सिएटल स्टेडियम में ग्रुप-जी के इस मुकाबले के बाद बेल्जियम की टीम पहले स्थान पर है। जबकि, मिस्र की टीम एक अंक के साथ दूसरे नंबर पर है। इस ग्रुप का एक अन्य मुकाबला ईरान और न्यूजीलैंड के बीच खेला जा रहा है। आशूर ने बेल्जियम का डिफेंस तोड़ा, टीम को दूसरी बार बढ़त 19वें मिनट में मिस्र के मिडफील्डर इमाम आशूर ने बेल्जियम की डिफेंस लाइन की गलती का फायदा उठाकर गोल दागा। यह आशूर के इंटरनेशनल करियर का पहला गोल था। आशूर अपने देश के लिए 30वां मैच खेल रहे थे। आशूर के गोल से मिस्र वर्ल्ड कप इतिहास में दूसरी बार बढ़त बनाने में सफल रही। लुकाकू के आते ही गोल, हानी से ऑन गोल हुआ बेल्जियम लगातार बराबरी की कोशिश करता रहा, लेकिन सफलता नहीं मिली। 66वें मिनट में कोच ने स्टार स्ट्राइकर रोमेलू लुकाकू को मैदान पर उतारा। उनके आने के सिर्फ 23 सेकेंड बाद ही बेल्जियम को बराबरी का गोल मिल गया। दाएं फ्लैंक से आए क्रॉस पर लुकाकू गेंद को गोल में पहुंचाने के लिए बढ़े, लेकिन मिस्र के डिफेंडर मोहम्मद हानी ने दबाव में गेंद अपने ही गोल में डाल दी। इसे आत्मघाती गोल माना गया और स्कोर 1-1 हो गया। ----------------------------------------- फुटबॉल वर्ल्ड कप की यह खबर भी पढ़िए… 64वीं रैंक केप वर्डे ने स्पेन को ड्रॉ पर रोका; सऊदी अरब ने उरुग्वे से ड्रॉ खेला FIFA वर्ल्ड कप में डेब्यू कर रही केप वर्डे ने 2010 की चैंपियन स्पेन को 0-0 की बराबरी पर रोक दिया है। ग्रुप-H के एक अन्य मुकाबले में सऊदी अरब ने 2 बार की वर्ल्ड चैंपियन उरुग्वे को अंक साझा करने पर विवश कर दिया। यह मैच 1-1 की बराबरी पर छूटा। पढ़ें पूरी खबर
बॉक्सिंग वर्ल्ड कप: दीपक और पूनम अगले दौर में पहुंचे, 7 भारतीयों को मिली शिकस्त
चीन में बॉक्सिंग वर्ल्ड कप (स्टेज 2) के पहले दिन भारतीयों दीपक और पूनम विजेता रहे, जिन्होंने अपनी-अपनी कैटेगरी में अगले दौर में प्रवेश किया। वहीं, 7 अन्य भारतीय मुक्केबाजों को शिकस्त झेलनी पड़ी।
विमेंस टी-20 वर्ल्ड कप में मंगलवार को साउथम्पटन के रोज बाउल ग्राउंड पर डबल हेडर मुकाबले खेले जाएंगे। पहले मैच में डिफेंडिंग चैंपियन न्यूजीलैंड का सामना श्रीलंका से रात 7 बजे से होगा। फिर रात 11 बजे से मेजबान इंग्लैंड और आयरलैंड दूसरे मुकाबले में आमने-सामने होंगे। न्यूजीलैंड और श्रीलंका दोनों ही टीमें अपना पहला मैच हार चुकी हैं। न्यूजीलैंड को वेस्टइंडीज ने हराया था, जबकि श्रीलंका को इंग्लैंड ने मात दी थी। आयरलैंड को स्कॉटलैंड के खिलाफ हार का सामना करना पड़ा था। न्यूजीलैंड का पलड़ा भारी न्यूजीलैंड और श्रीलंका के बीच अब तक 16 महिला टी-20 इंटरनेशनल मुकाबले पूरे हुए हैं। इनमें न्यूजीलैंड ने 14 मैच जीते हैं, जबकि श्रीलंका सिर्फ 2 मुकाबले जीत सकी है। एक मैच नो रिजल्ट रहा है। हालांकि, पिछले चार मैचों में श्रीलंका ने दो बार न्यूजीलैंड को हराया है, जिससे मुकाबला रोचक होने की उम्मीद है। सुजी बेट्स और ताहुहू की वापसी पर नजर न्यूजीलैंड की अनुभवी बल्लेबाज सुजी बेट्स वेस्टइंडीज के खिलाफ पहला मैच नहीं खेल सकी थीं। यह पहला मौका था जब न्यूजीलैंड ने उनके बिना महिला टी-20 वर्ल्ड कप का मैच खेला। टीम मैनेजमेंट उन्हें श्रीलंका के खिलाफ प्लेइंग-11 में वापस ला सकता है। अनुभवी तेज गेंदबाज लिया ताहुहू की वापसी भी संभव है। न्यूजीलैंड की कप्तान अमेलिया कर टीम की सबसे अहम खिलाड़ी होंगी। उन्होंने इस साल 11 पारियों में 477 रन बनाए हैं और 12 मैचों में 11 विकेट भी लिए हैं। पहले मैच में नाकाम रहने के बाद उनसे बड़ी पारी की उम्मीद होगी। श्रीलंका बदलाव कर सकती है इंग्लैंड के खिलाफ हार के बाद श्रीलंका अपनी बैटिंग ऑर्डर में बदलाव कर सकती है। ओपनर हसिनी परेरा की वापसी पर विचार किया जा सकता है। कप्तान चमारी अट्टापट्टू के साथ टीम को हर्षिता समरविक्रमा और कविशा दिलहारी से भी बड़ी पारियों की उम्मीद रहेगी। श्रीलंका की हर्षिता समरविक्रमा शानदार फॉर्म में हैं। उन्होंने इस साल पांच पारियों में 147 रन बनाए हैं और उनका स्ट्राइक रेट 148.48 रहा है। पिछले चार मैचों में उनके बल्ले से दो बार 40 से ज्यादा रन निकले हैं। इंग्लैंड की नजर लगातार दूसरी जीत पर दिन के दूसरे मुकाबले में इंग्लैंड की टीम आयरलैंड से भिड़ेगी। इंग्लैंड ने पहले मैच में श्रीलंका को हराकर टूर्नामेंट की शानदार शुरुआत की थी। टीम ने तीन प्रमुख स्पिनरों के साथ खेला था। आयरलैंड के लिए आंकड़े चिंता बढ़ाने वाले हैं। टीम अब तक महिला टी-20 वर्ल्ड कप में 18 मैच खेल चुकी है, लेकिन एक भी जीत दर्ज नहीं कर पाई है। हालांकि 2024 में आयरलैंड ने इंग्लैंड को टी-20 मुकाबले में हराया था, इसलिए वह उलटफेर की उम्मीद लेकर उतरेगी। इंग्लैंड की ऑफ स्पिनर चार्ली डीन 2025 की शुरुआत से 23 विकेट ले चुकी हैं, जो इस पीरियड में किसी भी इंग्लिश स्पिनर द्वारा सबसे ज्यादा हैं। वहीं आयरलैंड की कप्तान गैबी लुईस पर बल्लेबाजी की जिम्मेदारी होगी। मौसम और पिच रिपोर्ट साउथम्पटन में मंगलवार को मौसम साफ रहने का अनुमान है। शाम के समय हल्की बारिश की संभावना है और तापमान 22 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच सकता है। इस मैदान पर टूर्नामेंट का अब तक एक ही मैच खेला गया है, जिसमें वेस्टइंडीज ने 163 रन का लक्ष्य चेज किया था। पिच पर घास मौजूद है, जिससे तेज गेंदबाजों को शुरुआती मदद मिल सकती है। पॉसिबल प्लेइंग-11 पहला मैच न्यूजीलैंड: जॉर्जिया प्लिमर, सुजी बेट्स/इज़ी गेज, मेली केर (कप्तान), सोफी डिवाइन, ब्रूक हॉलिडे, मैडी ग्रीन, इज़ी शार्प, जेस केर, नेन्सी पटेल, रोजमेरी मेयर, लिया ताहुहू। श्रीलंका: विश्मी गुणरत्ने, चमारी अथापथु (कप्तान), इमेशा दुलानी, हर्षिता समरविक्रमा, हंसिमा करुणारत्ने, कविशा दिलहारी, निलाक्षिका सिल्वा, कौशिनी नुथ्यांगना, सुगंधिका कुमारी, माल्की मदारा, मिथाली अयोध्या। दूसरा मैच इंग्लैंड: डैनी वायट-हॉज, एमी जोन्स, नैट साइवर-ब्रंट (कप्तान), एलिस कैप्सी, हीदर नाइट, फ्रेया केम्प, डैनी गिब्सन, चार्ली डीन, सोफी एक्लेस्टोन, लिंसी स्मिथ, लॉरेन बेल। आयरलैंड: एमी हंटर, अलाना डालजेल, गैबी लुईस (कप्तान), ऑर्ला प्रेंडरगास्ट, रेबेका स्टोकेल, लिया पॉल, एलिस टेक्टर, आर्लीन केली, एवा कैनिंग, कारा मरे, एमी मैग्वायर। --------------------------------------- विमेंस वर्ल्ड कप से जुड़ी यह खबर भी पढ़िए… भारतीय खिलाड़ियों ने 11वीं बार पाकिस्तानियों से हाथ नहीं मिलाया भारत ने विमेंस टी-20 वर्ल्ड कप में अपने पहले मैच में पाकिस्तान को 64 रन से हराया। भारतीय कप्तान हरमनप्रीत कौर ने टॉस के समय पाकिस्तान की कप्तान फातिमा सना से हाथ नहीं मिलाया। अब टी-20 वर्ल्ड कप में भारत के लिए सबसे ज्यादा रन बनाने वाली बैटर बन गई हैं। पढ़ें पूरी खबर
फुटबॉल वर्ल्ड कप में आज के मुकाबलों में दिग्गज खिलाड़ी नजर आएंगे। फ्रांस 24 साल बाद सेनेगल से भिड़ेगा। फ्रांस के स्टार और 2022 वर्ल्डकप में हैट्रिक लगाने वाले एम्बाप्पे से फैंस को काफी उम्मीदें होंगी। पिछला वर्ल्डकप जीतने वाली मेसी की अर्जेंटीना का मुकाबला अल्जीरिया से है। अल्जीरिया बराबरी की टीम तो नहीं है, लेकिन मैदान पर मेसी की मौजूदगी ही दर्शकों का रोमांच बढ़ाने के लिए काफी है। अमेरिका के ह्यूस्टन में खेले जाने वाले मैच पर सबकी नजरें होंगी। कैप्टन क्रिश्चियानो रोनाल्ड की अगुआई में पुर्तगाल कांगो पर जीत के साथ वर्ल्डकप की शुरुआत करना चाहेगी। फ्रांस-सेनेगल का मुकाबला भारतीय टाइम के हिसाब से रात 12.30 बजे से न्यूयॉर्क के न्यू जर्सी में शुरू होगा। इराक और नॉर्वे के बीच रात 3:30 बजे से मैच बोस्टन स्टेडियम में होगा। अर्जेंटीना सुबह 6:30 बजे कंसास सिटी स्टेडियम में अल्जीरिया के खिलाफ खेलगी। ऑस्ट्रिया और जॉर्डन सुबह 9:30 बजे सैन फ्रांसिस्को बे एरिया स्टेडियम में भिड़ेंगे। वहीं पुर्तगाल और डीआर कांगो के बीच मुकाबला रात 10:30 बजे ह्यूस्टन स्टेडियम में खेला जाएगा। मैच-17: 2002 की हार का बदला लेना चाहेगा फ्रांस ग्रुप-I में शामिल फ्रांस और सेनेगल के बीच यह दूसरा वर्ल्ड कप मुकाबला होगा। दोनों टीमें आखिरी बार 2002 वर्ल्ड कप में भिड़ी थीं, जहां टूर्नामेंट में डेब्यू कर रही सेनेगल ने मौजूदा चैंपियन फ्रांस को 1-0 से हराकर बड़ा उलटफेर किया था। फ्रांस की टीम स्टार फॉरवर्ड किलियन एम्बाप्पे के दम पर जीत के साथ अभियान शुरू करना चाहेगी। दूसरी ओर सेनेगल की उम्मीदें अनुभवी स्ट्राइकर सादियो माने पर टिकी होंगी। दोनों टीमों की पॉसिबल स्टार्टिंग इलेवन: फ्रांस: माइग्नन, कुंडे, कोनाते, सलीबा, थियो हर्नांडेज, चुआमेनी, राबियो, ओलिसे, डेम्बेले, एम्बाप्पे, थुराम। सेनेगल: मेंडी, मेंडी, कुलिबाली, नियाखाते, जैकोब्स, गुएये, लामिन कामारा, पापे सार, इस्माइला सार, माने, निकोलस जैक्सन। मैच-18: हालैंड पर टिकी रहेंगी नॉर्वे की उम्मीदें ग्रुप-I में शामिल इराक और नॉर्वे पहली बार किसी इंटरनेशनल मुकाबले में आमने-सामने होंगे। 1998 के बाद वर्ल्ड कप में लौटी नॉर्वे की टीम अपने स्टार स्ट्राइकर एर्लिंग हालैंड के दम पर जीत की प्रबल दावेदार मानी जा रही है। वहीं इराक ने प्लेऑफ के जरिए वर्ल्ड कप में जगह बनाई है और वह उलटफेर की उम्मीद के साथ मैदान पर उतरेगा। दोनों टीमों की पॉसिबल स्टार्टिंग इलेवन: इराक: जलाल हसन, हुसैन अली, रेबिन सुलाका, जायद तहसीन, मर्चास डोस्की, जिदान इकबाल, अमीर अल अम्मारी, इब्राहिम बायेश, अली जासिम, अयमेन हुसैन, अली अल हमादी। नॉर्वे: नायलैंड, रायर्सन, अयेर, ओस्टिगार्ड, ब्योर्कान, बर्गे, ओडेगार्ड, ऑर्सनेस, नुसा, सोरलोथ, हालैंड। मैच-19: खिताब बचाने के मिशन पर अर्जेंटीना ग्रुप-J में डिफेंडिंग चैंपियन अर्जेंटीना का सामना अल्जीरिया से होगा। लियोनेल मेसी की अगुआई वाली अर्जेंटीना टीम जीत के साथ अपने खिताब बचाने के अभियान की शुरुआत करना चाहेगी। वहीं अल्जीरिया की टीम अपने स्टार स्ट्राइकर मोहम्मद अमौरा के दम पर चौंकाने की कोशिश करेगी। दोनों टीमें वर्ल्ड कप इतिहास में पहली बार आमने-सामने होंगी। दोनों टीमों की पॉसिबल स्टार्टिंग इलेवन: अर्जेंटीना: एमिलियानो मार्टिनेज, मोलिना, रोमेरो, लिसांद्रो मार्टिनेज, टैग्लियाफिको, डी पॉल, एंजो फर्नांडीज, मैक एलिस्टर, मेसी, जूलियन अल्वारेज, लॉटारो मार्टिनेज। अल्जीरिया: बेनबोट, आइसा मांडी, बेलाइड, बेन्सेबैनी, ऐत-नूरी, बेंटालेब, आउआर, माजा, महरेज, अमौरा, गौइरी। मैच-20: वर्ल्ड कप डेब्यू में जॉर्डन ग्रुप-J में ऑस्ट्रिया और जॉर्डन के बीच मुकाबला खेला जाएगा। पहली बार वर्ल्ड कप खेल रही जॉर्डन की टीम के सामने यूरोप की मजबूत ऑस्ट्रियाई टीम की चुनौती होगी। ऑस्ट्रिया को मार्सेल साबित्जर और मार्को अर्नाटोविच से अच्छे प्रदर्शन की उम्मीद होगी। वहीं जॉर्डन की नजर अपने स्टार खिलाड़ी मौसा तमारी पर रहेगी। दोनों टीमों की पॉसिबल स्टार्टिंग इलेवन: ऑस्ट्रिया: श्लागर, म्वेने, अलाबा, लिनहार्ट, लाइमर, सेवाल्ड, श्लागर, साबित्जर, श्मिड, ग्रेगोरिट्श, अर्नाटोविच। जॉर्डन: अबुलाइला, याजन अल अरब, नसीब, सलीम ओबैद, अबू ताहा, अल राशदान, अल रावाबदेह, हद्दाद, फखौरी, अली ओलवान, मौसा तमारी। मैच-21: रोनाल्डो की अगुआई में उतरेगा पुर्तगाल ग्रुप-K में शामिल पुर्तगाल का सामना डीआर कांगो से होगा। 41 साल के क्रिस्टियानो रोनाल्डो की अगुआई वाली टीम जीत के साथ टूर्नामेंट का आगाज करना चाहेगी। पुर्तगाल के पास ब्रूनो फर्नांडिस, बर्नार्डो सिल्वा और वितिन्हा जैसे स्टार खिलाड़ी हैं। वहीं डीआर कांगो की टीम उलटफेर के इरादे से मैदान पर उतरेगी। दोनों टीमों की पॉसिबल स्टार्टिंग इलेवन: पुर्तगाल: डियोगो कोस्टा, जोआओ कैंसलो, रूबेन डायस, गोंकालो इनासियो, नूनो मेंडेस, जोआओ नेवेस, ब्रूनो फर्नांडिस, वितिन्हा, बर्नार्डो सिल्वा, क्रिस्टियानो रोनाल्डो, पेड्रो नेटो। डीआर कांगो: लियोनेल म्पासी, आरोन वान-बिसाका, स्टीव कापुआडी, एक्सेल तुआंजेबे, चांसल मबेम्बा, आर्थर मासुआकू, सैमुअल मूटूसामी, नोआ सादिकी, नगाल'आयेल मुकाउ, योआने विस्सा, सेड्रिक बाकाम्बू।
FIFA वर्ल्ड कप 2026 में स्पेन को डेब्यू कर रही केप वर्डे ने 0-0 की बराबरी पर रोक दिया। ग्रुप-H के मुकाबले में स्पेन ने पूरे मैच में दबदबा बनाया, लेकिन केप वर्डे के 40 साल के गोलकीपर वोजिन्हा और मजबूत डिफेंस के सामने एक भी गोल नहीं कर सकी। अटलांटा स्टेडियम में खेले गए मुकाबले में स्पेन ने 74% बॉल पोजेशन रखा और 27 शॉट लगाए, लेकिन टीम गोल करने में नाकाम रही। दूसरी ओर, वर्ल्ड कप में पहला मैच खेल रही केप वर्डे ने एक अंक हासिल कर लिया। ग्रुप-H में अब स्पेन का अगला मुकाबला उरुग्वे से होगा, जबकि केप वर्डे की टीम सऊदी अरब के खिलाफ मैदान पर उतरेगी। मैच में खास वोजिन्हा की दीवार नहीं तोड़ सकी स्पेन स्पेन ने शुरुआत से ही गेंद पर नियंत्रण बनाए रखा, लेकिन केप वर्डे डिफेंडर्स लगातार उसके हमलों को रोकते रहे। 39वें मिनट में फेरान टोरेस गोल करने के बेहद करीब पहुंचे, लेकिन उनका शॉट क्रॉसबार से टकरा गया। रीबाउंड पर मिकेल ओयारजाबाल के हेडर को वोजिन्हा ने शानदार अंदाज में बचा लिया। इसके बाद पहले हाफ के अंत में वोजिन्हा ने टोरेस और आयमेरिक लापोर्टे के प्रयासों को भी नाकाम कर दिया। यामाल भी नहीं बदल सके मैच का नतीजा दूसरे हाफ में स्पेन ने दबाव और बढ़ाया। 71वें मिनट में स्टार विंगर लामिन यामाल को मैदान पर उतारा गया। यामाल के आने से स्पेन के हमलों में तेजी आई, लेकिन केप वर्डे का डिफेंस अडिग रहा। 73वें मिनट में मिकेल मेरिनो का शॉट वोजिन्हा ने बचाया, जबकि 88वें मिनट में ओयारजाबाल के लगभग तय गोल को डिफेंडर पिको लोप्स ने लाइन के सामने ब्लॉक कर दिया। केप वर्डे जीत भी सकता था मैच के इंजरी टाइम में केप वर्डे ने भी इतिहास रचने का मौका बनाया। 90वें मिनट में डाइनी बोर्गेस को कॉर्नर पर हेडर का मौका मिला, लेकिन स्पेन के गोलकीपर उनाई सिमोन ने शानदार बचाव कर दिया। आंकड़ों में स्पेन की निराशा
अंडर-17 वर्ल्ड चैंपियनशिप के लिए भारतीय टीम घोषित
रेसलिंग फेडरेशन ऑफ इंडिया (डब्ल्यूएफआई) ने सोमवार को आगामी अंडर-17 वर्ल्ड रेसलिंग चैंपियनशिप के लिए भारतीय टीम का ऐलान किया है
अफगानिस्तान के खिलाफ पहले वनडे में शनिवार को 6 फुट 5 इंच लंबे तेज गेंदबाज गुरनूर बराड़ ने भारत के लिए इंटरनेशनल डेब्यू किया। वह भारतीय टीम के लिए खेलने वाले तीसरे सबसे लंबे खिलाड़ी बन गए। इससे पहले अबय कुरुविला और पंकज सिंह (6 फुट 6 इंच) टीम इंडिया में खेल चुके हैं। अपने पहले ही मैच में गुरनूर ने 145+ किमी/घंटे की रफ्तार, तेज उछाल और सटीक लाइन-लेंथ से प्रभावित किया। उन्होंने 4.5 ओवर में महज 27 रन देकर 3 विकेट झटके गुरनूर के टीम इंडिया तक पहुंचने का सफर किसी फिल्मी कहानी जैसा है। उनके पिता सुखवीर सिंह बराड़ पंजाब पुलिस में एएसआई हैं और खुद राष्ट्रीय स्तर के बास्केटबॉल खिलाड़ी रह चुके हैं। पिता चाहते थे कि उनका बेटा भी बास्केटबॉल कोर्ट में अपना जलवा बिखेरे। लेकिन गुरनूर ने साउथ अफ्रीकी दिग्गज डेल स्टेन के वीडियो देखकर तेज गेंदबाजी करने की ठान ली। हालांकि, 15 साल की उम्र तक गुरनूर ने कोई प्रोफेशनल ट्रेनिंग नहीं ली थी। वह सिर्फ गली-मोहल्लों में टेनिस बॉल से क्रिकेट खेलते थे। तब उनका सीधा सा फंडा था- ‘तेज डालूंगा, तो ही बचूंगा’, ताकि कोई भी बल्लेबाज उन्हें आसानी से छक्का न मार सके। बाद में उन्होंने ‘चैम्पियंस क्रिकेट एकेडमी’ में कोच रवि वर्मा और वरिंदर सिंह की देखरेख में अपनी रफ्तार व स्विंग को निखारा। 2023 में पंजाब किंग्स के लिए आईपीएल डेब्यू करने के बाद गुरनूर को स्लिप डिस्क (पीठ की चोट) का सामना करना पड़ा। एक तेज गेंदबाज के लिए यह करियर खत्म करने वाली चोट हो सकती थी, लेकिन उन्होंने हार नहीं मानी। उन्होंने अपने बॉलिंग एक्शन और रन-अप में जरूरी बदलाव किए। इसी का नतीजा था कि 2025 की आईपीएल नीलामी में गुजरात टाइटंस ने उन्हें 1.3 करोड़ रुपये में खरीदा। इसके बाद ऑस्ट्रेलिया ‘ए’ के खिलाफ शानदार प्रदर्शन से उन्होंने सीधे भारतीय टीम का दरवाजा खटखटाया। जब अफगानिस्तान सीरीज के लिए टीम इंडिया का ऐलान हुआ, तब गुरनूर दोपहर की गहरी नींद ले रहे थे। आंख खुली, तो परिवार और साथियों की बधाइयों ने उनकी दुनिया ही बदल दी। पंजाब के गिल ने ही सौंपी कैप, पहला कैच भी पकड़ा भारतीय कप्तान शुभमन गिल और गुरनूर दोनों पंजाब से ही आते हैं। 2024 की आईपीएल नीलामी में अनसोल्ड रहने के बाद गिल ने उन्हें गुजरात टाइटंस का नेट बॉलर बनने की सलाह दी और कहा- ‘तू आ जा, यहां काफी कुछ सीखेगा।’ इसके बाद इंटरनेशनल में गिल ने ही गुरनूर को डेब्यू कैप सौंपी और उनके पहले इंटरनेशनल विकेट (इब्राहिम जादरान) का कैच भी लपका। गिल ने कहा, ‘गुरनूर की शानदार रफ्तार, उनका स्विंग और जिस सटीक लेंथ पर वह लगातार गेंदबाजी कर रहे थे, वह वाकई कमाल था।’
वेस्टइंडीज क्रिकेट टीम ने तीसरे और निर्णायक टी-20 मैच में श्रीलंका को 5 विकेट से हराकर तीन मैचों की सीरीज 2-1 से अपने नाम कर ली। सबीना पार्क, किंग्स्टन में खेले गए मुकाबले में श्रीलंका ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 20 ओवर में सभी विकेट खोकर 169 रन बनाए। जवाब में वेस्टइंडीज ने शेरफेन रदरफोर्ड की नाबाद 54 रन की पारी की बदौलत 19.4 ओवर में 5 विकेट खोकर लक्ष्य हासिल कर लिया। टीम ने 2 गेंद शेष रहते मैच जीत लिया। श्रीलंका की ओर से दुनिथ वेल्लालागे ने 43 रन और कामिल मिशारा ने 28 रन बनाए। वहीं, वेस्टइंडीज के तेज गेंदबाज शमर जोसेफ ने शानदार गेंदबाजी करते हुए 5 विकेट झटके और टीम की जीत में अहम भूमिका निभाई। तीन मैचों की सीरीज पहले दो मुकाबलों के बाद 1-1 से बराबरी पर थी। पहले टी-20 में वेस्टइंडीज ने 7 विकेट से जीत दर्ज की थी, जबकि दूसरे मैच में श्रीलंका ने 37 रन से जीत हासिल कर सीरीज बराबर कर ली थी। तीसरे मुकाबले में जीत के साथ वेस्टइंडीज ने सीरीज 2-1 से अपने नाम कर ली। श्रीलंका की शुरुआत खराब रहीटॉस हारकर पहले बल्लेबाजी करने उतरी श्रीलंका की टीम की शुरुआत अच्छी नहीं रही। कप्तान कुसल मेंडिस सिर्फ 5 रन बनाकर आउट हो गए। इसके बाद पथुम निसांका और कामिल मिशारा ने दूसरे विकेट के लिए 43 रन जोड़े। निसांका ने 17 गेंदों पर 26 रन बनाए, जबकि मिशारा 23 गेंदों पर 28 रन बनाकर आउट हुए।पवन रत्नायके खाता भी नहीं खोल सके और शमर जोसेफ का शिकार बने। कामिंदु मेंडिस ने 20 रन और दासुन शनाका ने 16 रन का योगदान दिया। वेलालागे ने संभाली पारीएक छोर पर टिके दुनिथ वेलालागे ने टीम को सम्मानजनक स्कोर तक पहुंचाया। उन्होंने 28 गेंदों में 43 रन बनाए, जिसमें 6 चौके और 1 छक्का शामिल था। आखिरी ओवर में जोसेफ का कहरशमर जोसेफ ने श्रीलंका की पारी के आखिरी ओवर में सिर्फ 5 रन दिए और 3 विकेट झटके। उन्होंने वेलालागे, दुष्मंत चमीरा और महीश तीक्षणा को आउट किया। जोसेफ ने मैच में कुल 5 विकेट हासिल किए। वेस्टइंडीज की टीम में दो बदलाववेस्टइंडीज ने इस मैच के लिए अपनी प्लेइंग इलेवन में दो बदलाव किए। शमर स्प्रिंगर और रोमारियो शेफर्ड की जगह जेसन होल्डर और अकेम ऑगस्टे को टीम में शामिल किया गया। रदरफोर्ड और जेसन होल्डर ने जिताया 170 रन के टारगेट का पीछा करने उतरी वेस्टइंडीज ने 53 रन के स्कोर पर अपना चौथा विकेट गंवा दिया था, जिसके बाद शेरफेन रदरफोर्ड बल्लेबाजी के लिए क्रीज पर आए। उस समय टीम दबाव में थी और उसे जीत के लिए तेज रन गति से बल्लेबाजी करनी थी। रदरफोर्ड ने जिम्मेदारी संभालते हुए संयम और आक्रामकता का शानदार मिश्रण दिखाया। उन्होंने अपने टी-20 अंतरराष्ट्रीय करियर का छठा अर्धशतक 39 गेंदों में पूरा किया और अंत तक नाबाद रहते हुए टीम को जीत दिलाई। रदरफोर्ड ने 40 गेंदों पर 54 रन की मैच जिताऊ पारी खेली, जिसमें 3 चौके और 4 छक्के शामिल रहे। दूसरी ओर, आखिरी ओवरों में बल्लेबाजी के लिए आए जेसन होल्डर ने मैच का रुख पूरी तरह बदल दिया। उन्होंने सिर्फ 5 गेंदों में 21 रन की तूफानी नाबाद पारी खेली। रदरफोर्ड और होल्डर की अहम साझेदारी की बदौलत वेस्टइंडीज ने 2 गेंद शेष रहते लक्ष्य हासिल कर लिया और 2-1 से सीरीज अपने नाम कर ली। ---------------------------------- स्पोर्ट्स की यह खबर भी पढ़ें… विमेंस वर्ल्डकप- भारत ने पाकिस्तान को 64 रन से हराया:दीप्ति ने 10 रन देकर 5 विकेट लिए; स्मृति मंधाना ने 68 रन बनाए भारत ने विमेंस टी-20 वर्ल्ड कप में पाकिस्तान को 64 रन से हरा दिया। एजबेस्टन में भारतीय टीम ने टॉस जीतकर बैटिंग चुनी और 20 ओवर में 6 विकेट पर 170 रन बनाए। भारत की ओर से स्मृति मंधाना ने अर्धशतक लगाया। उन्होंने 44 गेंदों में 68 रन बनाए। कप्तान हरमनप्रीत कौर ने 36 रन की पारी खेली। ऋचा घोष ने 17 बॉल पर 34 रन बनाए। पाकिस्तान की ओर से सादिया इकबाल और फातिमा सना ने 2-2 विकेट लिए। तस्मिया रुबाब और रामीन शमीम को 1-1 सफलता मिली। पूरी खबर
आज इंडिया-A ट्राई सीरीज का तीसरा मुकाबला श्रीलंका-ए के साथ खेला जाएगा। ये मैच श्रीलंका के रंगिरी दांबुला इंटरनेशनल स्टेडियम में सुबह 10 बजे से शुरू होगा। फाइनल पहुंचने के लिए भारत का यह मैच जीतना जरूरी है। आज सभी को वैभव सूर्यवंशी की बड़ी पारी का इंतजार है। वैभव ने इस सीरीज में अब तक एक भी फिफ्टी नहीं लगाई है। उन्होंने श्रीलंका-ए के खिलाफ 14 और अफगानिस्तान के खिलाफ 22 गेंद पर 44 रन बनाए थे। पहले मैच में नहीं चला था वैभव का बल्ला श्रीलंका-ए के खिलाफ पहले मुकाबले में वैभव का बल्ला नहीं चल पाया था। वह 14 रन बनाकर आउट हो गए थे। इस दौरान उन्होंने 3 चौके लगाए थे। दूसरे ओवर में उन्होंने मोहम्मद शिराज की पहली और तीसरी बॉल को बाउंड्री के बाहर पहुंचाया था। वैभव सूर्यवंशी ने दो चौके लगाए थे। इसी ओवर में मोहम्मद शिराज ने उनका विकेट लिया था। अफगानिस्तान के खिलाफ लगाए थे 9 चौके दूसरे मैच में अफगानिस्तान के खिलाफ वैभव सूर्यवंशी 22 बॉल पर 44 रन बनाकर आउट हो गए थे। उन्होंने 9 चौके लगाए थे। वैभव को अब्दुल्लाह अहमदजई ने कैच आउट कराया थे। वैभव सूर्यवंशी ने मोहम्मद इब्राहिम की चौथी और पांचवीं बॉल पर चौके लगाकर टीम को 50 रन तक पहुंचाया। वैभव ने पहले ओवर में दो चौके लगाए थे। अंडर-19 वर्ल्डकप फाइनल में खेली थी 175 रन की पारी इससे पहले वैभव एशिया कप राइजिंग स्टार्स और अंडर-वर्ल्डकप में इंडिया की ओर से खेल चुके हैं। इसी साल जनवरी में हुए अंडर-19 वर्ल्डकप फाइनल में उन्होंने 175 रन की पारी खेली थी। वे प्लेयर ऑफ द टूर्नामेंट बने थे। वैभव ने इस IPL में सबसे ज्यादा रन बनाए वैभव ने IPL 2026 में सबसे ज्यादा 776 रन बनाए और ऑरेंज कैप जीता। वैभव ने मोस्ट वैल्युएबल प्लेयर, इमर्जिंग प्लेयर ऑफ द ईयर, सुपर स्ट्राइकर और सबसे ज्यादा छक्के लगाने का अवॉर्ड भी जीता। इस सीजन उन्होंने 36 गेंद पर शतक लगाया था, जबकि तीन बार 90 से 100 के बीच में आउट हुए थे। 12 साल में रणजी डेब्यू से इंडिया-A तक का सफर वैभव ने जनवरी 2024 में बिहार के लिए रणजी ट्रॉफी में डेब्यू किया। तब उनकी उम्र 12 साल थी। 2024 में मुंबई और छत्तीसगढ़ के खिलाफ उन्होंने दो फर्स्ट क्लास मैचों में 31 रन बनाए थे। वैभव ने सचिन तेंदुलकर (15 साल) और युवराज सिंह (18 साल) को पीछे छोड़ा और घरेलू फर्स्ट क्लास क्रिकेट में सबसे कम उम्र में डेब्यू करने वाले खिलाड़ी बने। वैभव ने 13 साल की उम्र में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ अंडर-19 यूथ टेस्ट सीरीज में सिर्फ 58 गेंदों पर शतक जड़ दिया। यह अंडर-19 टेस्ट क्रिकेट में दूसरा सबसे तेज शतक था। उन्होंने 62 गेंदों में 104 रन की पारी खेली, जिसमें 14 चौके और 4 छक्के शामिल रहे। लिस्ट-A (50 ओवर) क्रिकेट में वैभव का प्रदर्शन वैभव ने लिस्ट-A (50 ओवर) में अब तक 8 मैच खेले हैं। इस दौरान उन्होंने 44.12 की औसत और 164.95 के स्ट्राइक रेट से 353 रन बनाए। उनका बेस्ट स्कोर 190 रन रहा है। सूर्यवंशी ने इस फॉर्मेट में 1 शतक और 1 अर्धशतक लगाया है। उन्होंने 37 चौके और 23 छक्के भी जड़े हैं। IPL 2025 में वैभव ने सिर्फ 7 मैचों में 252 रन बनाए, जिसमें एक शतक और एक अर्धशतक शामिल था। इन सभी परफॉरमेंस के आधार पर BCCI ने उन्हें इंडिया-A में जगह दी। वैभव का सिलेक्शन इंडियन टीम में हो गया है। वह इंडियन क्रिकेट टीम में चुने गए अब तक के सबसे युवा खिलाड़ी बन गए हैं। उन्होंने सचिन तेंदुलकर का भी रिकॉर्ड तोड़ दिया है। पुरुष क्रिकेटर्स में सचिन तेंदुलकर 16 साल, 194 दिन की उम्र में भारतीय टीम में चुने गए थे। वहीं, वैभव 15 साल 71 दिन में चुने गए हैं। एशिया कप में 243 से ज्यादा का स्ट्राइक रेट वैभव ने एशिया कप राइजिंग स्टार्स 2025 टी-20 में 4 मैचों में 59.75 की औसत और 243.87 के स्ट्राइक रेट से 239 रन बनाए थे। इस दौरान उनका बेस्ट स्कोर 144 रन रहा। सूर्यवंशी ने इस सीरीज में एक शतक भी लगाया था। उन्होंने 20 चौके और 22 छक्के लगाए।
फुटबॉल वर्ल्ड कप के ग्रुप-एफ मैच में जापान ने आखिरी क्षणों में गोल कर नीदरलैंड्स को 2-2 की बराबरी पर रोका। आर्लिंग्टन के एटीएंडटी स्टेडियम में डाइची कामादा ने 88वें मिनट में हेडर लगाकर जापान को अहम एक अंक दिलाया। पहला हाफ गोलरहित रहा, लेकिन दूसरे हाफ में मैच बदल गया। दोनों टीमों ने 14 मिनट में तीन गोल दागे और मुकाबला रोमांचक हो गया। नीदरलैंड्स ने 50वें मिनट में बढ़त बनाई। कप्तान वर्जिल वान डाइक ने बॉक्स के अंदर हेडर लगाकर टीम को 1-0 से आगे कर दिया। हालांकि, जापान ने 7 मिनट बाद ही बराबरी कर ली। ताकेफुसा कुबो के पास पर केइतो नाकामुरा ने शानदार शॉट लगाकर स्कोर 1-1 कर दिया। 64वें मिनट में रयान ग्रावेनबर्ख के पास पर क्राइसेंसियो समरविल ने गोल दागकर नीदरलैंड्स को 2-1 से आगे कर दिया। इसके बाद लग रहा था कि डच टीम जीत दर्ज कर लेगी। ------------------------------------------- स्पोर्ट्स से जुड़ी ये खबरें भी पढ़िए… केप वर्डे के खिलाफ यामाल का खेलना तय, स्टार्टिंग इलेवन में नहीं रहेंगे स्पेन के युवा स्टार लैमिन यामाल हैमस्ट्रिंग चोट से उबर चुके हैं। वे सोमवार को केप वर्डे के खिलाफ होने वाले मैच में वर्ल्ड कप डेब्यू कर सकते हैं। हालांकि, स्पेन के मुख्य कोच लुइस डे ला फुएंते ने संकेत दिए हैं कि 18 साल के यामाल स्टार्टिंग इलेवन में शामिल नहीं रहेंगे। अटलांटा में मैच से पहले प्रेस कॉन्फ्रेंस में स्पेन के कोच डे ला फुएंते ने कहा कि यामाल की फिटनेस पर लगातार नजर रखी गई है। मेडिकल टीम ने उन्हें खेलने की अनुमति दे दी है। कोच ने कहा कि यामाल मैच में कितनी देर खेलेंगे, इसका फैसला मुकाबले की परिस्थितियों को देखकर किया जाएगा। -----------------------------------------------------
चार बार की वर्ल्ड चैंपियन जर्मनी ने फुटबॉल वर्ल्ड कप में अपने अभियान का धमाकेदार आगाज किया है। टीम ने रविवार रात को कुरासाओ 7-1 से हरा दिया। ग्रुप-ई के इस मुकाबले के छठे मिनट में जर्मनी ने गोल स्कोर किया। फिर पहली बार वर्ल्ड कप खेल रही कुरासाओ ने गोल भी किया। यह उसका टूर्नामेंट के इतिहास में पहला गोल है। दूसरी ओर जर्मनी ने लगातार छह गोल दागकर मुकाबला एकतरफा कर दिया। ह्यूस्टन स्टेडियम में जर्मनी के काई हैवर्ट्ज ने डबल गोल किए, जबकि टीम के 6 अन्य खिलाड़ियों ने भी गोल करके स्कोरशीट में अपना नाम लिखवाया। जर्मनी अब अपने अगले मुकाबले में आइवरी कोस्ट से भिड़ेगा, जबकि कुरासाओ की टीम इक्वाडोर के खिलाफ मैदान पर उतरेगी। मैच में खास जर्मनी ने छठे मैच में बढ़त बनाई जर्मनी ने मैच की शुरुआत आक्रामक अंदाज में की। छठे मिनट में फ्लोरियन विर्ट्ज के पास पर फेलिक्स नेमेचा ने गोल कर टीम को 1-0 की बढ़त दिलाई। फिर 21वें मिनट में कुरासाओ ने मुकाबले में वापसी करते हुए अपना पहला वर्ल्ड कप गोल दागा। लिवानो कोमेनेंसिया ने बॉक्स के बीच से शानदार शॉट लगाकर स्कोर 1-1 कर दिया। हैवर्ट्ज ने हाफ टाइम से पहले गोल दागा जर्मनी ने जल्द ही मैच पर फिर नियंत्रण हासिल कर लिया। 38वें मिनट में निको श्लोटरबेक ने कॉर्नर पर हेडर लगाकर टीम को 2-1 से आगे कर दिया। पहले हाफ के इंजरी टाइम में फेलिक्स नेमेचा को बॉक्स में गिराए जाने पर जर्मनी को पेनल्टी मिली। काई हैवर्ट्ज ने इसे गोल में बदलकर स्कोर 3-1 कर दिया। जर्मनी ने दूसरे हाफ में 4 गोल दागे दूसरे हाफ की शुरुआत के दो मिनट बाद ही जमाल मुसियाला ने गोल कर बढ़त 4-1 कर दी। इसके बाद 68वें मिनट में नाथानियल ब्राउन और 78वें मिनट में डेनिज उंडाव ने गोल किए। 88वें मिनट में हैवर्ट्ज ने अपना दूसरा और टीम का 7वां गोल दागकर जीत का अंतर 7-1 कर दिया। आइवरी कोस्ट Vs इक्वाडोर आखिरी मिनट में डियालो के गोल से जीता आइवरी कोस्टा ग्रुप-ई के एक अन्य मुकाबले में आइवरी कोस्टा ने आखिरी मिनट पर आए अमद डियालो के गोल से इक्वाडोर पर 1-0 की जीत दर्ज की। 90वें मिनट में डियालो ने विल्फ्रेड सिंगो के पास पर आसान सा गोल किया। फिर इक्वाडोर की टीम 7 मिनट के इंजरी टाइम में बराबरी का गोल हासिल नहीं कर सकी। इस मैच के बाद आइवरी कोस्टा ग्रुप-ई के पॉइंट्स टेबल में नंबर-2 पर आ गई है। जर्मनी टॉप पर है। क्योंकि, उसका गोल डिफरेंस ज्यादा है। ---------------------------------------- फुटबॉल वर्ल्ड कप से जुड़ी यह खबर भी पढ़िए… ब्राजील को मोरक्को ने ड्रॉ पर रोका, स्कॉटलैंड ने 44 साल बाद जीता पहला मैच दुनिया की 7वें नंबर की टीम मोरक्को ने रविवार को फुटबॉल वर्ल्ड कप में 5 बार की चैंपियन ब्राजील को ड्रॉ पर रोका। ब्राजील की टीम 1934 के बाद से अपना ओपनिंग मैच नहीं हारी है। ग्रुप-सी के मैच में 2022 की सेमीफाइनलिस्ट मोरक्को ने इस्माइल साइबारी के गोल से बढ़त बनाई। हालांकि, स्टार फॉरवर्ड विनिसियस जूनियर के गोल से ब्राजील ने एक अंक हासिल किया। पढ़ें पूरी खबर
एफआईएच पुरुष प्रो लीग 2025-26: नीदरलैंड्स से 2-3 से हारा भारत, दिलप्रीत और सुखजीत ने किए गोल
एफआईएच पुरुष प्रो लीग 2025-26 के रॉटरडैम चरण के अपने पहले मुकाबले में भारतीय पुरुष हॉकी टीम को मेजबान नीदरलैंड्स के खिलाफ 2-3 से करीबी हार का सामना करना पड़ा
दीप्ति शर्मा बनीं अंतरराष्ट्रीय स्तर पर '350 विकेट' हासिल करने वालीं दूसरी महिला खिलाड़ी
पाकिस्तान के खिलाफ विमेंस टी20 वर्ल्ड कप 2026 के हाई-वोल्टेज मैच की 'प्लेयर ऑफ द मैच' दीप्ति शर्मा ने 4 ओवरों में महज 10 रन देकर 5 विकेट हासिल किए
FIFA वर्ल्ड कप 2026 में आज स्पेन का मुकाबला पहली बार टूर्नामेंट खेल रही काबो वर्डे टीम के साथ होगा। यह पहली बार है, जब दोनों टीमें आमने-सामने होंगी। यह मैच अटलांटा स्टेडियम में भारतीय समयानुसार रात 10:30 बजे से शुरू होगा। इसके बाद बेल्जियम और मिस्र के बीच रात 12:30 बजे से मैच शुरू होगा। यह मैच भारतीय समयानुसार 16 जून को सिएटल स्टेडियम में खेला जाएगा। इसी दिन रात 3:30 बजे से सऊदी अरब और उरुग्वे की भिड़ंत मियामी स्टेडियम में होगी। चौथा मुकाबला ईरान और न्यूजीलैंड के बीच होगा। यह मैच लॉस एंजिल्स स्टेडियम में 12:30 बजे से शुरू होगा। मैच-13: स्पेन के खिलाफ डेब्यू करेगी काबो वर्डे की टीम ग्रुप-G में शामिल स्पेन और कैरेबियाई देश काबो वर्डे के बीच फुटबॉल इतिहास का यह पहला मुकाबला होगा। वर्ल्ड कप में डेब्यू कर रही काबो वर्डे की टीम दिग्गज खिलाड़ियों से सजी स्पेन के खिलाफ उलटफेर के इरादे से उतरेगी। वहीं स्पेन काफी हद तक अपनी युवा और आक्रामक तिकड़ी लामिन यामल, निको विलियम्स और अल्वारो मोराटा पर निर्भर है। दोनों टीमों की पॉसिबल स्टार्टिंग इलेवन: स्पेन: सिमोन, कारवाहाल, ले नॉर्मैंड, लापोर्ते, कुकुरेला, रोद्री, फैबियन रूइज, पेद री, लामिन यामल, निको विलियम्स, मोराटा। काबो वर्डे: वोझिन्या, मोरेरा, कोस्टा, लोपेज, फर्नांडीस, पिना, रोचा, मोंटेइरो, मेंडेस, बेबे, रोड्रिगेज। मैच-14: वर्ल्ड कप में पहली बार बेल्जियम और मिस्र की टक्कर ग्रुप-G में शामिल बेल्जियम और मिस्र के बीच अब तक कुल 4 इंटरनेशनल मुकाबले खेले गए हैं। इनमें 3 मुकाबले मिस्र ने जीते हैं, जबकि बेल्जियम को सिर्फ 1 मैच में सफलता मिली है। FIFA वर्ल्ड कप के इतिहास में दोनों टीमें पहली बार एक-दूसरे के खिलाफ मैदान पर उतरेंगी। बेल्जियम की टीम को अपने स्टार मिडफील्डर केविन डी ब्रुइन से शानदार खेल की उम्मीद होगी। दूसरी ओर, मिस्र की उम्मीदें उनके स्टार फॉरवर्ड मोहम्मद सलाह के जादुई प्रदर्शन पर टिकी होंगी। दोनों टीमों की पॉसिबल स्टार्टिंग इलेवन: बेल्जियम: कास्टील्स, कस्टेन, फास, डेबास्ट, थियोेट, ओनाना, मैंगला, बकायोको, डी ब्रुइन, डोकु, लूकाकू। मिस्र: शनावी, हानी, अब्देलमोनेम, हेगाजी, हम्दी, एल्नेनी, फाथी, अघौश, सालाह, मोस्तफा, ट्रेजेगुए। मैच-15: सऊदी अरब और उरुग्वे के बीच कांटे की टक्कर ग्रुप-H में शामिल सऊदी अरब और उरुग्वे के बीच अब तक 3 इंटरनेशनल मुकाबले खेले जा चुके हैं। दोनों टीमों ने 1-1 मैच जीते हैं, जबकि 1 मुकाबला ड्रॉ रहा है। FIFA वर्ल्ड कप में दोनों टीमें 8 साल बाद आमने-सामने होंगी। इससे पहले इनकी भिड़ंत 2018 के वर्ल्ड कप में हुई थी, जहां उरुग्वे ने सऊदी अरब को 1-0 से शिकस्त दी थी। सऊदी अरब की टीम अपने मजबूत एशियाई कॉम्बिनेशन के साथ मैदान पर उतरेगी। वहीं दो बार की चैंपियन उरुग्वे को अपने स्टार मिडफील्डर फेडेरिको वाल्वेर्डे और फॉरवर्ड डार्विन नुनेज से अच्छे प्रदर्शन की उम्मीद होगी। दोनों टीमों की पॉसिबल स्टार्टिंग इलेवन: सऊदी अरब: ओवैस, अब्दुलहामिद, लाजामी, बुलाईही, शहरानी, खैबरी, कानो, नाजी, दोस्तारी, शेहरी, दौसारी। उरुग्वे: रोशेट, नान्देज, आराउजो, जिमेनेज, ओलिवेरा, उगारते, वाल्वेर्डे, पेलिस्टी, डे अरास्केटा, आराउजो, नुनेज। मैच-16: न्यूजीलैंड के खिलाफ ईरान का पलड़ा भारी ग्रुप-H में शामिल ईरान-न्यूजीलैंड के बीच अब तक कुल 2 इंटरनेशनल मुकाबले खेले गए हैं। इनमें से ईरान ने 1 मैच जीता है, जबकि 1 मुकाबला ड्रॉ रहा है। न्यूजीलैंड की टीम अब तक ईरान के खिलाफ एक भी मैच नहीं जीत सकी है। FIFA वर्ल्ड कप में दोनों टीमें पहली बार एक-दूसरे से भिड़ेंगी। ईरानी टीम को अपने स्टार स्ट्राइकर सरदार अजमौन से गोल उम्मीद होगी। वहीं न्यूजीलैंड अनुभवी स्ट्राइकर क्रिस वुड के दम पर ईरान को रोकने की कोशिश करेगी। दोनों टीमों की पॉसिबल स्टार्टिंग इलेवन: ईरान: बेइरानवंड, मोहर्रमी, कनानी, होस्सेनी, हाजसाफी, एजातोलाही, गोडोस, जहानबख्श, तारेमी, मोहेबी, अजमौन। न्यूजीलैंड: टकर, बिंदोन, बॉक्सॉल, पाइन, काकासे, बेल, गरबेट, स्टैमेनिक, जस्ट, सिंह, वुड।
भारत ने विमेंस टी-20 वर्ल्ड कप में अपने पहले मैच में पाकिस्तान को 64 रन से हराया। दीप्ति शर्मा ने सिर्फ 10 रन केर 5 विकेट लिए। अब वे विमेंस टी-20 इंटरनेशनल में सबसे ज्यादा विकेट लेने वाली गेंदबाज बन गई हैं। भारतीय कप्तान हरमनप्रीत कौर अब टी-20 वर्ल्ड कप में भारत के लिए सबसे ज्यादा रन बनाने वाली बैटर बन गई हैं। इससे पहले हरमन ने टॉस के समय पाकिस्तान की कप्तान फातिमा सना से हाथ नहीं मिलाया। IND Vs PAK मैच के टॉप मोमेंट्स 1. पहलगाम अटैक के बाद 11वीं बार नो हैंडशेक पाकिस्तान के खिलाफ पुरुष-महिला, जूनियर और सीनियर मिलाकर लगातार 11वें क्रिकेट मैच में भारत ने नो हैंडशेक का स्टैंड बरकरार रखा। पहलगाम आतंकी हमले और दोनों देशों के बीच तनाव के बाद भारतीय टीमों ने पाकिस्तान के खिलाड़ियों से हाथ न मिलाने का फैसला किया था। 2. शेफाली ने मैच की पहली गेंद पर छक्का लगाया भारतीय ओपनर शेफाली वर्मा ने मैच की पहली ही गेंद पर छक्का जड़ दिया। शेफाली ने पाकिस्तान की गेंदबाज सादिया इकबाल की फुल लेंथ बॉल को बाउंड्री लाइन के बाहर भेज दिया। हालांकि, वे इसी ओवर में स्लिप को कैच भी दे बैठीं। उन्होंने महज 6 रन बनाए। 3. आलिया से स्मृति मंधाना का कैच छूटा भारत की पारी के 8वें ओवर में ओपनर स्मृति मंधाना को जीवनदान मिला। 27 रन पर उनका कैच ड्रॉप हो गया। तस्मिया रुबाब ने पांचवी गेंद फुलर लेंथ पर डाली। मंधाना ने पीछे हटकर शॉट खेला, लेकिन बॉल मिसटाइम होकर हवा में चली गई। मिड ऑफ पर मौजूद आलिया ने पीछे दौड़ते हुए कैच पकड़ने की कोशिश की, लेकिन गेंद हाथ से छिटक गई। 4. श्रेयंका ने डाइव लगाकर कैच पकड़ा, शमीम आउट पाकिस्तान की पारी के 15वें ओवर में श्रेयंका पाटिल ने बेहतरीन कैच पकड़ा। श्री चरणी ने ओवर की चौथी गेंद ऑफ-स्टंप से बाहर फ्लाइटेड डिलीवरी डाली। पाकिस्तानी बैटर रमीन शमीम ठीक से ड्राइव शॉट नहीं लगा पाईं। गेंद बैकवर्ड पॉइंट की तरफ तेजी से गई, जहां श्रेयंका ने अपनी दाईं ओर डाइव लगाकर दोनों हाथों से जबरदस्त कैच पकड़ा। यहां से मैच के टॉप-9 रिकॉर्ड्स 1. दीप्ति विमेंस T20i में सबसे ज्यादा विकेट लेने वाली गेंदबाज दीप्ति टी-20 इंटरनेशनल में सबसे ज्यादा विकेट लेने वाली गेंदबाज बन गई हैं। उन्होंने थाईलैंड की थिपाचा पुत्थावोंग पीछे छोड़ा। थिपाचा के नाम 165 विकेट दर्ज हैं। दीप्ति के अब 166 टी-20 इंटरनेशनल में विकेट हो गए हैं। 2. दीप्ति ने महिला T20 वर्ल्ड कप में भारत का बेस्ट स्पेल डाला दीप्ति शर्मा ने 4 ओवर में 10 रन देकर 5 विकेट लिए। यह विमेंस T20 वर्ल्ड कप में किसी भी भारतीय गेंदबाज का बेस्ट स्पेल है। दूसरे स्थान पर रेणुका सिंह ठाकुर हैं। उन्होंने 2023 में गकेबेर्हा में इंग्लैंड के खिलाफ 15 रन देकर 5 विकेट झटके थे। 3. झूलन के रिकॉर्ड के करीब पहुंची दीप्ति विमेंस इंटरनेशनल क्रिकेट में सबसे ज्यादा विकेट भारत की झूलन गोस्वामी के नाम है। उन्होंने 355 विकेट चटकाए हैं। पाकिस्तान के खिलाफ 5 विकेट लेने वाली दीप्ति शर्मा अब उनके और करीब पहुंच गईं हैं। दीप्ति के नाम 351 विकेट हैं। 4. महिला टी-20 वर्ल्ड कप के किसी ग्रुप स्टेज मैच में सबसे ज्यादा दर्शक पहुंचे इस मैच ने स्टेडियम में सबसे ज्यादा दर्शकों की उपस्थिति का नया रिकॉर्ड बना दिया। स्टेडियम में 18,814 दर्शक पहुंचे थे। यह टी-20 वर्ल्ड कप के किसी ग्रुप स्टेज मैच में सबसे ज्यादा दर्शकों का रिकॉर्ड है। इससे पहले 2024 में भारत-पाकिस्तान मैच देखने के लिए दुबई इंटरनेशनल क्रिकेट स्टेडियम में 15,935 दर्शक मौजूद थे। 5. हरमन महिला टी-20 वर्ल्ड कप में सबसे ज्यादा रन बनाने वाली भारतीय हरमन ने पाकिस्तान के खिलाफ 36 रन बनाए। इस पारी से वे विमेंस टी-20 वर्ल्ड कप में सबसे ज्यादा रन बनाने वाली भारतीय बन गई हैं। अब महिला T20 वर्ल्ड कप के हरमन के 762 रन हैं। उन्होंने पूर्व कप्तान मिताली राज (726 रन) को पीछे छोड़ा। 6. स्मृति ने पाकिस्तान के खिलाफ दूसरा सबसे बड़ा इंडिविजुअल स्कोर बनाया स्मृति ने पाकिस्तान के खिलाफ 68 रन बनाए। यह टी-20 इंटरनेशनल क्रिकेट में पाकिस्तान के खिलाफ दूसरी सबसे बड़ी पारी भारतीय पारी थी। पहले नंबर पर मिताली राज हैं। उन्होंने 2016 में पाकिस्तान के खिलाफ बैंकॉक में नाबाद 73 रन बनाए थे। 7. मिताली-हरमन के क्लब में स्मृति शामिल स्मृति ने पाकिस्तान के खिलाफ 68 रन बनाए। वे महिला T20 वर्ल्ड कप में 5 बार फिफ्टी या उससे ज्यादा का स्कोर बना चुकी हैं। उन्होंने टी-20 वर्ल्ड कप में भारत के लिए सबसे ज्यादा बार 50+ स्कोर करने के मामले में मिताली और हरमन की बराबरी की। दोनों ने 5-5 बार फिफ्टी या उससे ज्यादा का स्कोर बनाया है। 8. भारत का वर्ल्ड कप में तीसरा सबसे बड़ा स्कोर भारत ने 6 विकेट खोकर 170 रन बनाए। यह भारतीय महिला टीम का T20 वर्ल्ड कप तीसरा सबसे बड़ा टोटल है। टीम ने 2018 में न्यूजीलैंड के खिलाफ प्रोविडेंस में 194/5 का सबसे बड़ा स्कोर बनाया था। यह पाकिस्तान के खिलाफ भी भारत का वर्ल्ड कप में सबसे बड़ा स्कोर है। 9. भारत ने पाकिस्तान के खिलाफ टी-20 वर्ल्ड कप में 7वीं जीत दर्ज की भारत ने इस जीत के साथ पाकिस्तान को महिला T20 वर्ल्ड कप में 7वीं बार शिकस्त दी है। यह टूर्नामेंट में किसी एक टीम के खिलाफ संयुक्त रुप से दूसरी सबसे ज्यादा जीत है। पहले नंबर पर ऑस्ट्रेलिया है। उन्होंने टूर्नामेंट इतिहास में साउथ अफ्रीका को 8 बार हराया है। ------------------------------------------------- विमेंस टी-20 वर्ल्ड कप से जुड़ी यह खबर भी पढ़िए… भारत ने पाकिस्तान को 64 रन से हराया भारत ने विमेंस टी-20 वर्ल्ड कप में पाकिस्तान को 64 रन से हरा दिया। एजबेस्टन में भारतीय टीम ने टॉस जीतकर बैटिंग चुनी और 20 ओवर में 6 विकेट पर 170 रन बनाए। 171 रन का पीछा कर रही पाकिस्तान 17 ओवर में 106 रन पर ऑलआउट हो गई। दीप्ति शर्मा ने 10 रन देकर 5 विकेट लिए। वे प्लेयर ऑफ द मैच रहीं। पढ़ें पूरी खबर
वनडे ट्राई-सीरीज में आज भारत-ए और श्रीलंका-ए के बीच मुकाबला होगा। दांबुला के रंगिरी दांबुला इंटरनेशनल स्टेडियम में मुकाबला सुबह 10:00 बजे से खेला जाएगा। फाइनल के लिए भारत को यह मैच जीतना जरूरी है। 15 साल के वैभव सूर्यवंशी इस सीरीज में अब तक एक भी फिफ्टी नहीं लगा सके हैं। उन्होंने श्रीलंका-ए के खिलाफ 14 और अफगानिस्तान के खिलाफ 22 गेंद पर 44 रन बनाए थे। हेड टू हेड में दोनों टीमें बराबरी पर भारत-A और श्रीलंका-A के बीच हुए पिछले 6 मैचों में दोनों टीमें बराबरी पर रही हैं। दोनों टीमों ने 2-2 मुकाबले जीते हैं। 2 मैच का कोई नतीजा नहीं निकला। भारतीय टीम अपना पिछला मुकाबला अफगानिस्तान के खिलाफ 4 रन से हार गई थी। दूसरी ओर श्रीलंका अपना पिछला मैच जीतकर आ रही है। टीम ने पहला मैच भारत से हारने के बाद अफगानिस्तान को 8 विकेट से हराया था। गायकवाड भारत के टॉप स्कोरर इस ट्राई सीरीज में ऋतुराज गायकवाड ने भारत-ए के लिए सबसे ज्यादा रन बनाए हैं। उन्होंने 2 मैचों में 83.50 की औसत से 167 रन बनाए हैं। वे एक अर्धशतक और एक शतक लगा चुके हैं। ऋतुराज ने पहले मैच में श्रीलंका-ए के खिलाफ ही 101 रन बनाए थे। वहीं गेंदबाजी में अनुकूल रॉय ने 2 मैचों में टीम के लिए सबसे ज्यादा 3 विकेट चटकाए हैं। उन्होंने महज 4.87 की इकोनॉमी से रन दिए हैं। उनका एक पारी में बेस्ट प्रदर्शन 49 रन देकर 2 विकेट है। श्रीलंका-ए के अविष्का फर्नांडो टॉप स्कोरर श्रीलंका-ए के लिए इस ट्राई सीरीज में अविष्का फर्नांडो ने शानदार बल्लेबाजी की है। उन्होंने 2 मैचों में 153 रन बनाए हैं। पिछले मैच में अफगानिस्तान-ए के खिलाफ शतक (108* रन) लगाया था। गेंदबाजी में चमिका गुणासेकरा ने सबसे ज्यादा 3 विकेट लिए हैं। उन्होंने अफगानिस्तान-ए के खिलाफ 3.69 की इकोनॉमी से रन खर्च करते हुए 3 विकेट हासिल किए थे। तीनों टीमों के 2-2 पॉाइंट्स श्रीलंका-ए, इंडिया-ए और अफगानिस्तान-ए अब तक 2-2 मैच खेल हैं। तीनों टीमें 1 जीत और 1 हार के साथ 2-2 अंक की बराबरी पर हैं। नेट रन रेट के लिहाज से श्रीलंका-ए पहले, भारत-ए दूसरे और अफगानिस्तान-ए तीसरे स्थान पर है। अभी तीन मैच बाकी हैं। तीनों टीमों को 2-2 मुकाबले खेलने हैं। बचे दोनों मैच जीतने वाली टीम सीधे फाइनल में पहुंचेगी। वहीं अंक बराबर रहने पर नेट रन रेट के आधार पर टॉप-2 टीमें 21 जून को फाइनल खेलेंगी। पहली पारी का औसत स्कोर 215 रन दांबुला इंटरनेशनल स्टेडियम की पिच आमतौर पर बल्लेबाजों और गेंदबाजों दोनों को मदद देती है, लेकिन यहां बड़े स्कोर कम ही देखने को मिलते हैं। इस मैदान पर पहली पारी का औसत स्कोर 215 रन है, जबकि दूसरी पारी में औसत स्कोर 172 रन रहता है। शुरुआती ओवरों में तेज गेंदबाजों को स्विंग और सीम मूवमेंट मिल सकती है, जबकि गेंद पुरानी होने पर स्पिनर प्रभावी साबित होते हैं। आंकड़ों के अनुसार यहां 63.1% विकेट तेज गेंदबाजों और 36.9% विकेट स्पिनरों ने लिए हैं। 59 वनडे मैचों में 31 बार लक्ष्य का पीछा करने वाली टीम जीती है, इसलिए टॉस जीतने वाली टीम पहले गेंदबाजी चुन सकती है। बारिश के 50% चांस भारत-ए और श्रीलंका-ए मुकाबले में बारिश बड़ी भूमिका निभा सकती है। मैच के दिन दांबुला में तापमान 32 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने का अनुमान है। बारिश की 50 से 58 प्रतिशत संभावना जताई गई है, जबकि बादल छाए रहने की भी उम्मीद है। मौसम विभाग के अनुसार लगभग ढाई घंटे बारिश हो सकती है, जिससे मैच प्रभावित होने और ओवरों में कटौती की आशंका है। पॉसिबल प्लेइंग-11 इंडिया-ए: वैभव सूर्यवंशी, प्रभसिमरन सिंह (विकेटकीपर), प्रियांश आर्या, ऋतुराज गायकवाड, तिलक वर्मा (कप्तान), आयुष बडोनी, अनुकूल रॉय, सूर्यांश शेडगे, अंशुल कंबोज, अरशद खान और विपराज निगम। श्रीलंका-ए: निरोशन डिकवेला ( विकेटकीपर), अविष्का फर्नांडो, अहान विक्रमसिंघे, सदीरा समरविक्रमा (विकेटकीपर), सहान अराचिगे (कप्तान), चमिका करुणारत्ने, रविन्दु फर्नांडो, वानुजा सहन, विजयकांत वियास्कंथ, मोहम्मद शिराज और चमिका गुणासेकरा।
इंडियन एथलेटिक्स सीरीज: विमेंस हाई जंप में 19 वर्षीय पूजा का दबदबा
इंडियन एथलेटिक्स सीरीज के त्रिवेंद्रम लेग में भारत की पूजा ने महिलाओं के हाई जंप इवेंट में अपना दबदबा बनाए रखा
आर्चरी वर्ल्ड कप: धीरज ने व्यक्तिगत स्वर्ण पदक जीता, भारत के लिए गोल्डन डबल पूरा किया
भारत के धीरज बोम्मादेवरा ने तुर्की के अंताल्या में आर्चरी वर्ल्ड कप स्टेज 3 में यादगार प्रदर्शन किया है। रविवार को मिश्रित टीम इवेंट में कुमकुम मोहोद के साथ मिलकर स्वर्ण जीतने के बाद, व्यक्तिगत रिकर्व स्वर्ण पदक जीता और गोल्डन डबल पूरा किया।
ऑस्ट्रेलिया ने तीसरे वनडे में बांग्लादेश को एक विकेट से हरा दिया। इस जीत के टीम ने सीरीज में क्लीन स्वीप से बचाव कर लिया। इससे पहले दोनों वनडे बांग्लादेश ने जीते थे। ढाका में खेले गए मैच में बांग्लादेश ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 50 ओवर में 5 विकेट पर 274 रन बनाए। जवाब में ऑस्ट्रेलिया ने 49.3 ओवर में 9 विकेट खोकर लक्ष्य हासिल कर लिया। ऑस्ट्रेलिया की जीत के हीरो कूपर कॉनॉली रहे। उन्होंने अपने वनडे करियर का पहला शतक लगाते हुए 149 रन की शानदार पारी खेली। वहीं बांग्लादेश के तेज गेंदबाज शोरिफुल इस्लाम ने करियर का बेस्ट प्रदर्शन करते हुए 48 रन देकर 6 विकेट लिए, लेकिन टीम को जीत नहीं दिला सके। कोनोली के 149 रन 275 रन के लक्ष्य का पीछा करने उतरी ऑस्ट्रेलिया की शुरुआत तेज रही। जोश इंग्लिस ने 12 गेंदों में 21 रन बनाकर टीम को तेज शुरुआत दिलाई, लेकिन शोरिफुल इस्लाम ने एक ही ओवर में इंग्लिस और मैट रेनशॉ को आउट कर मैच में बांग्लादेश की वापसी करा दी। इसके बाद एलेक्स कैरी भी 71 रन के स्कोर पर आउट हो गए। एक छोर पर विकेट गिरते रहे, लेकिन कोनोली टिके रहे। उन्होंने पहले मार्नस लाबुशेन (29) के साथ 64 रन और फिर कैमरन ग्रीन (27) के साथ 58 रन की साझेदारी की। कोनोली ने 87 गेंदों में अपना पहला वनडे शतक पूरा किया। उन्होंने 149 रन की पारी में लगातार स्ट्राइक रोटेट की और खराब होती स्थिति में टीम को संभाले रखा। शोरिफुल को 6 विकेट जब ऑस्ट्रेलिया जीत की ओर बढ़ रही थी, तभी शोरिफुल इस्लाम ने लगातार झटके देकर मुकाबले को रोमांचक बना दिया। उन्होंने ओलिवर पीक और जेवियर बार्टलेट को लगातार गेंदों पर आउट कर पांच विकेट पूरे किए। बाद में बेन ड्वारशुइस को भी पवेलियन भेजकर उन्होंने ऑस्ट्रेलिया पर दबाव बढ़ा दिया। 49वें ओवर में मुस्तफिजुर रहमान ने कोनोली को आउट कर मैच को और रोमांचक बना दिया। ऑस्ट्रेलिया 266/5 से 271/9 पर पहुंच गई। हालांकि आखिरी ओवर में जीत के लिए दो रन चाहिए थे और एडम जम्पा ने तस्कीन अहमद की गेंद पर चौका लगाकर टीम को जीत दिला दी। हृदोय और मोसद्देक ने संभाली बांग्लादेश की पारी टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करने उतरी बांग्लादेश की शुरुआत अच्छी नहीं रही। टीम ने 62 रन तक तीन विकेट गंवा दिए थे। इसके बाद लिटन दास और तौहीद हृदोय ने पारी को संभाला। हृदोय ने 88 गेंदों में 83 रन बनाए, जिसमें 8 चौके शामिल रहे। वहीं लिटन दास ने नाबाद 58 रन बनाए। अंतिम ओवरों में मोसद्देक हुसैन ने 43 गेंदों में नाबाद 56 रन की तेज पारी खेली। हृदोय और मोसद्देक के बीच 90 रन की साझेदारी हुई, जिसकी बदौलत बांग्लादेश 274 रन तक पहुंचने में सफल रहा। ऑस्ट्रेलिया की ओर से मैट रेनशॉ ने 2 विकेट लिए। सीरीज में क्लीन स्वीप से बचा ऑस्ट्रेलिया पहले दो वनडे जीतकर बांग्लादेश पहले ही सीरीज अपने नाम कर चुका था। हालांकि तीसरे मुकाबले में ऑस्ट्रेलिया ने वापसी करते हुए जीत हासिल की और 3-0 से हारने से बच गया। बांग्लादेश ने सीरीज 2-1 से अपने नाम की।
भारत ने रविवार को टी20 वर्ल्ड कप 2026 के 'हाई-वोल्टेज' मैच में पाकिस्तान के सामने जीत के लिए 171 रन का टारगेट रखा है। 'विमेन इन ब्लू' इस मुकाबले को जीतकर अपने अभियान की शानदार शुरुआत करना चाहेगी।
भारत के धीरज बोम्मादेवरा और 17 वर्षीय युवा तीरंदाज कुमकुम मोहोद ने अंताल्या में चल रहे आर्चरी वर्ल्ड कप स्टेज-3 में रिकर्व मिक्स्ड टीम स्पर्धा का गोल्ड मेडल जीता। भारतीय जोड़ी ने फाइनल में ओलिंपिक चैंपियन दक्षिण कोरिया की स्टार जोड़ी ओह ये-जिन और किम जे-देओक को 5-1 से हराकर खिताब अपने नाम किया। मिक्स्ड टीम इवेंट में धीरज और कुमकुम, दोनों के करियर का यह पहला वर्ल्ड कप गोल्ड मेडल है। आर्चरी वर्ल्ड कप में रिकर्व मिक्स्ड टीम स्पर्धा में भारत को पिछला गोल्ड मेडल 2022 में मिला था। संयोग से वह स्वर्ण पदक भी तुर्किये के अंताल्या में ही आया था। तब भारतीय जोड़ी रिद्धि फोर और तरुणदीप राय ने ग्रेट ब्रिटेन की ब्रायोनी पिटमैन और एलेक्स वाइज की जोड़ी को रोमांचक शूट-ऑफ में हराकर गोल्ड मेडल जीता था।
फीफा वर्ल्ड कप 2026 का रोमांच शुरू हो चुका है। मैदान पर खिलाड़ी गोल दाग रहे हैं, स्टेडियम दर्शकों के शोर से गूंज रहे हैं, लेकिन इस वर्ल्ड कप की एक और कहानी है, जो मैदान से बाहर लिखी जा रही है। यह कहानी है जर्सियों की, जिनके जरिए फुटबॉल प्रशंसक अपने जुनून को दुनिया के सामने दिखाते हैं। फुटबॉल जर्सी सिर्फ खेल का परिधान नहीं रह गई है। यह पहचान, फैशन और भावनाओं का प्रतीक बन चुकी है। यही वजह है कि फीफा वर्ल्ड कप के साथ जर्सी कारोबार भी रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच जाता है। अंतरराष्ट्रीय रिसर्च एजेंसियों वेरिफाइड मार्केट रिपोर्ट्स और बिजनेस रिसर्च के अनुसार, 2026 में फुटबॉल जर्सी का वैश्विक कारोबार करीब 82 हजार 600 करोड़ रुपए तक पहुंच सकता है। खेलों की दुनिया में किसी एक स्पोर्ट्सवियर कैटेगरी के लिए यह अब तक का सबसे बड़ा बाजार माना जा रहा है। फीफा के आंकड़े बताते हैं कि हमेशा बिकने वाली फुटबॉल जर्सियों का करीब 55% हिस्सा केवल वर्ल्ड कप अवधि में बिकता है। वजह भी साफ है, जब कोई टूर्नामेंट अरबों लोगों का ध्यान अपनी ओर खींचता है तो प्रशंसक अपनी पसंदीदा टीम और खिलाड़ियों से जुड़ने के लिए सबसे पहले उनकी जर्सी खरीदते हैं। अर्जेंटीना की नीली-सफेद जर्सी हो, ब्राजील का पीला रंग, फ्रांस की नीली किट या फिर पुर्तगाल का लाल परिधान, हर जर्सी अपने साथ कहानी और पहचान लेकर चलती है। पहली बार 48 टीमें वर्ल्ड कप खेल रही हैं और मैचों की संख्या 104 तक पहुंच गई है। इससे जर्सियों की मांग में भी बड़ा उछाल आने की उम्मीद है। अनुमान है कि टूर्नामेंट के दौरान और उसके आसपास के महीनों में दुनिया भर में 13 से 15 करोड़ जर्सियां बिक सकती हैं। फुटबॉल मर्चेंडाइज का सबसे बड़ा बाजार अभी यूरोप और उत्तरी अमेरिका हैं, लेकिन सबसे तेज रफ्तार एशिया में दिखाई दे रही है। भारत में डिजिटल स्ट्रीमिंग और क्लब फुटबॉल की बढ़ती लोकप्रियता ने मेसी, रोनाल्डो, एमबापे जैसे खिलाड़ियों की जर्सियों को युवाओं के बीच बेहद लोकप्रिय बना दिया है। हालांकि इस चमकदार कारोबार का एक दूसरा पहलू भी है। विशेषज्ञों का अनुमान है कि वर्ल्ड कप के दौरान बिकने वाली हर तीन जर्सियों में से एक नकली हो सकती है। कुल 13 से 15 करोड़ जर्सियों की संभावित बिक्री में लगभग 5 से 5.5 करोड़ जर्सियां फर्जी या अनधिकृत हो सकती हैं। इसकी सबसे बड़ी वजह आधिकारिक जर्सियों की ऊंची कीमतें हैं, जबकि नकली जर्सियां स्थानीय बाजारों और ऑनलाइन प्लेटफॉर्म पर बेहद सस्ते दामों में उपलब्ध हैं। तीन स्पोर्ट्सवियर कंपनियों के बीच मुकाबला वर्ल्ड कप के साथ मैदान के बाहर एक और मुकाबला चल रहा है। यह मुकाबला दुनिया की तीन बड़ी स्पोर्ट्सवियर कंपनियों- नाइकी, एडिडास, प्यूमा के बीच है। इस वर्ल्ड कप में हिस्सा ले रही 48 टीमों में से 37 की आधिकारिक किट इन्हीं तीन कंपनियों ने तैयार की है। यानी वर्ल्ड कप की लगभग 77 प्रतिशत टीमें इन तीन ब्रांड्स की जर्सी पहनकर मैदान में उतर रही हैं। जर्सी बिक्री और मर्चेंडाइज से इन कंपनियों को अरबों डॉलर की कमाई की उम्मीद है।
श्रीलंका ने टी-20 सीरीज के दूसरे मैच में वेस्टइंडीज को 37 रन से हराया। इस जीत से टीम ने 3 मैचों की सीरीज में 1-1 की बराबरी कर ली। पहला मैच वेस्टइंडीज ने जीता था। किंग्स्टन में रविवार को श्रीलंका ने 20 ओवर में 6 विकेट खोकर 194 रन का स्कोर खड़ा किया। कामिल मिशारा ने नाबाद 61 रन और दासुन शनाका ने 58 रन की अर्धशतकीय पारियां खेलीं। 195 रन के टारगेट का पीछा करने उतरी कैरेबियाई टीम 18.1 ओवर में 157 रन पर ऑलआउट हो गई। श्रीलंका के लिए दुष्मंथा चमीरा और वानिंदु हसरंगा ने 3-3 विकेट चटकाए। 43 रन पर गिर गए थे 3 विकेट, मिशारा-कामिंदु ने पारी संभाली टॉस हारकर पहले बल्लेबाजी करने उतरी श्रीलंका की शुरुआत अच्छी नहीं रही थी। टीम ने 40 रन के स्कोर पर ओपनर पथुम निसांका (7) के रूप में पहला विकेट गंवाया। इसके बाद कुसल मेंडिस ने पारी को संभालने की कोशिश की, लेकिन वे भी 31 रन बनाकर पवेलियन लौट गए। फिर श्रीलंका ने जल्दी-जल्दी दो और विकेट गंवाए। एक समय टीम का स्कोर 43/3 था। यहां से कामिल मिशारा और कामिंदु मेंडिस ने चौथे विकेट के लिए 35 गेंदों में 45 रन की पार्टनरशिप की। कामिंदु 24 रन बनाकर आउट हुए, लेकिन उन्होंने टीम को संकट से बाहर निकाल दिया था। शनाका की विस्फोटक बैटिंग, मिशारा के साथ की 103 रन की पार्टनरशिप कामिंदु के आउट होने के बाद कामिल मिशारा को कप्तान दासुन शनाका का साथ मिला। दोनों ने वेस्टइंडीज के गेंदबाजों की जमकर क्लास लगाई और पांचवें विकेट के लिए महज 41 गेंदों में 103 रन की तूफानी साझेदारी कर टीम को 194 के स्कोर तक पहुंचाया। मिशारा ने 40 गेंदों में नाबाद 61 रन बनाए, जो उनके टी-20 इंटरनेशनल करियर का चौथा अर्धशतक है। उन्होंने 4 चौके और 3 छक्के लगाए। कप्तान शनाका ने 241.67 की स्ट्राइक रेट से बैटिंग करते हुए सिर्फ 24 गेंदों में 58 रन बनाए। शनाका ने अपनी पारी में 5 चौके और 4 छक्के जड़े। यह उनके करियर की 9वीं और वेस्टइंडीज के खिलाफ पहली फिफ्टी है। वेस्टइंडीज के समर जोसेफ ने झटके 3 विकेट वेस्टइंडीज के गेंदबाजों की बात करें तो तेज गेंदबाज समर जोसेफ सबसे सफल रहे। उन्होंने अपने 4 ओवर के कोटे में 32 रन देकर 3 विकेट हासिल किए। उनके अलावा मैथ्यू फोर्ड ने भी किफायती गेंदबाजी करने की कोशिश की और 4 ओवर में 38 रन देकर 2 विकेट अपने नाम किए। हालांकि, वे श्रीलंका के पुछल्ले बल्लेबाजों को तेजी से रन बनाने से नहीं रोक सके। 195 रन के जवाब में बिखरी वेस्टइंडीज की बैटिंग लक्ष्य का पीछा करने उतरी वेस्टइंडीज की शुरुआत बेहद खराब रही। टीम ने ब्रैंडन किंग (2) और शाई होप (6) के विकेट पावरप्ले में ही गंवा दिए। इसके बाद मिडिल ऑर्डर में शिमरोन हेटमायर (36) और कप्तान रोवमैन पॉवेल (43) ने संभलकर खेलते हुए पारी को आगे बढ़ाया। लेकिन रन रेट का दबाव बढ़ने के कारण दोनों बड़े शॉट खेलने के चक्कर में आउट हो गए। इन दोनों के जाने के बाद वेस्टइंडीज का कोई भी बल्लेबाज टिककर नहीं खेल सका और पूरी टीम 157 रन पर ऑलआउट हो गई। चमीरा और हसरंगा की फिरकी में उलझे विंडीज बल्लेबाज श्रीलंका की जीत में गेंदबाजों का रोल सबसे अहम रहा। तेज गेंदबाज दुष्मंथा ने धारदार गेंदबाजी करते हुए 3.1 ओवर में केवल 3 विकेट झटके। वहीं, मिस्ट्री स्पिनर वानिंदु हसरंगा ने अपने 4 ओवरों में 38 रन खर्च किए। वेस्टइंडीज के मिडिल ऑर्डर को ध्वस्त करते हुए 3 महत्वपूर्ण विकेट अपने नाम किए। इन दोनों की घातक गेंदबाजी के दम पर श्रीलंका ने सीरीज में खुद को जिंदा रखा है। अब सीरीज का तीसरा और आखिरी मैच निर्णायक होगा। ---------------------------------------------- स्पोर्ट्स की यह खबर भी पढ़ें… विमेंस वर्ल्डकप- वेस्टइंडीज ने डिफेंडिंग चैंपियन न्यूजीलैंड को हराया:अमेलिया केर ने 100वां मैच खेला; ऑस्ट्रेलिया और स्कॉटलैंड भी जीते वेस्टइंडीज ने विमेंस टी-20 वर्ल्ड कप में शनिवार को बड़ा उलटफेर किया। उन्होंने डिफेंडिंग चैंपियन न्यूजीलैंड को 7 विकेट से हराया। इस मुकाबले में न्यूजीलैंड की कप्तान अमेलिया केर करियर का 100वां टी-20 भी खेला। पूरी खबर
श्रीलंका क्रिकेट टीम ने दूसरे टी-20 मुकाबले में वेस्टइंडीज को 37 रन से हरा दिया है। इस जीत के साथ ही श्रीलंका ने 3 मैचों की टी-20 सीरीज में 1-1 की बराबरी कर ली है। किंग्स्टन में खेले गए इस मैच में श्रीलंका ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 20 ओवर में 6 विकेट खोकर 194 रन का मजबूत स्कोर बनाया था। श्रीलंका की ओर से कामिल मिशारा ने नाबाद 61 रन और दासुन शनाका ने 58 रन की शानदार अर्धशतकीय पारियां खेलीं। जवाब में 195 रन के टारगेट का पीछा करने उतरी वेस्टइंडीज की टीम 20 ओवर भी नहीं खेल सकी और 157 रन पर सिमट गई। श्रीलंका के लिए दुष्मंथा चमीरा और वानिंदु हसरंगा ने 3-3 विकेट चटकाए। 43 रन पर गिर गए थे 3 विकेट, मिशारा और कामिंदु ने संभाली पारी टॉस हारकर पहले बल्लेबाजी करने उतरी श्रीलंका की शुरुआत अच्छी नहीं रही थी। टीम ने 40 रन के स्कोर पर ओपनर पथुम निसांका (7) के रूप में पहला विकेट गंवाया। इसके बाद कुसल मेंडिस ने पारी को संभालने की कोशिश की, लेकिन वह भी 31 रन बनाकर पवेलियन लौट गए। उनके आउट होते ही श्रीलंका ने जल्दी-जल्दी दो और विकेट गंवा दिए और टीम का स्कोर एक समय 43 रन पर 3 विकेट हो गया था। इस मुश्किल परिस्थिति में कामिल मिशारा और कामिंदु मेंडिस ने मोर्चा संभाला। दोनों बल्लेबाजों के बीच चौथे विकेट के लिए 35 गेंदों में 45 रन की पार्टनरशिप हुई। कामिंदु 24 रन बनाकर आउट हुए, लेकिन उन्होंने टीम को संकट से बाहर निकाल दिया था। शनाका की विस्फोटक बैटिंग, मिशारा के साथ की 103 रन की पार्टनरशिप कामिंदु के आउट होने के बाद कामिल मिशारा को कप्तान दासुन शनाका का साथ मिला। दोनों ने वेस्टइंडीज के गेंदबाजों की जमकर क्लास लगाई और पांचवें विकेट के लिए महज 41 गेंदों में 103 रन की तूफानी साझेदारी कर टीम को 194 के स्कोर तक पहुंचाया। मिशारा ने 40 गेंदों में नाबाद 61 रन बनाए, जो उनके टी-20 अंतरराष्ट्रीय करियर का चौथा अर्धशतक है। अपनी इस पारी में उन्होंने 4 चौके और 3 छक्के लगाए। दूसरी ओर, कप्तान शनाका ने 241.67 की स्ट्राइक रेट से बैटिंग करते हुए सिर्फ 24 गेंदों में 58 रन की विस्फोटक पारी खेली। शनाका ने अपनी पारी में 5 चौके और 4 छक्के जड़े। यह उनके करियर की 9वीं और वेस्टइंडीज के खिलाफ पहली फिफ्टी है। वेस्टइंडीज के समर जोसेफ ने झटके 3 विकेट वेस्टइंडीज के गेंदबाजों की बात करें तो तेज गेंदबाज समर जोसेफ सबसे सफल रहे। उन्होंने अपने 4 ओवर के कोटे में 32 रन देकर 3 विकेट हासिल किए। उनके अलावा मैथ्यू फोर्ड ने भी किफायती गेंदबाजी करने की कोशिश की और 4 ओवर में 38 रन देकर 2 विकेट अपने नाम किए। हालांकि, वे श्रीलंका के पुछल्ले बल्लेबाजों को तेजी से रन बनाने से नहीं रोक सके। 195 रन के जवाब में बिखरी वेस्टइंडीज की बैटिंग लक्ष्य का पीछा करने उतरी वेस्टइंडीज की शुरुआत बेहद खराब रही। टीम ने ब्रैंडन किंग (2) और शाई होप (6) के विकेट पावरप्ले में ही गंवा दिए। इसके बाद मिडिल ऑर्डर में शिमरोन हेटमायर (36) और कप्तान रोवमैन पॉवेल (43) ने संभलकर खेलते हुए पारी को आगे बढ़ाया, लेकिन रन रेट का दबाव बढ़ने के कारण दोनों बड़े शॉट खेलने के चक्कर में आउट हो गए। इन दोनों के जाने के बाद वेस्टइंडीज का कोई भी बल्लेबाज टिककर नहीं खेल सका और पूरी टीम 157 रन पर ऑलआउट हो गई। चमीरा और हसरंगा की फिरकी में उलझे विंडीज बल्लेबाज श्रीलंका की जीत में गेंदबाजों का रोल सबसे अहम रहा। तेज गेंदबाज दुष्मंथा ने धारदार गेंदबाजी करते हुए 3.1 ओवर में केवल 3 विकेट झटके। वहीं, मिस्ट्री स्पिनर वानिंदु हसरंगा ने अपने 4 ओवरों में 38 रन खर्च किए, लेकिन वेस्टइंडीज के मिडिल ऑर्डर को ध्वस्त करते हुए 3 महत्वपूर्ण विकेट अपने नाम किए। इन दोनों की घातक गेंदबाजी के दम पर श्रीलंका ने सीरीज में खुद को जिंदा रखा है। अब सीरीज का तीसरा और आखिरी मैच निर्णायक होगा। ---------------------------------------------- स्पोर्ट्स की यह खबर भी पढ़ें… विमेंस वर्ल्डकप- वेस्टइंडीज ने डिफेंडिंग चैंपियन न्यूजीलैंड को हराया:अमेलिया केर ने 100वां मैच खेला; ऑस्ट्रेलिया और स्कॉटलैंड भी जीते वेस्टइंडीज ने विमेंस टी-20 वर्ल्ड कप में शनिवार को बड़ा उलटफेर किया। उन्होंने डिफेंडिंग चैंपियन न्यूजीलैंड को 7 विकेट से हराया। इस मुकाबले में न्यूजीलैंड की कप्तान अमेलिया केर करियर का 100वां टी-20 भी खेला। पूरी खबर
महिला टी-20 वर्ल्ड कप में शनिवार रात को दो मैच खेले गए। साउथ थैम्पटन में खेले गए मैच में वेस्टइंडीज ने बड़ा उलटफेर करते हुए डिफेंडिंग चैंपियन न्यूजीलैंड को 7 विकेट से हरा दिया है। वहीं,मैनचेस्टर में खेले गए मुकाबले में ऑस्ट्रेलिया ने साउथ अफ्रीका को 65 रन से हरा कर जीत के साथ शुरुआत की। वेस्टइंडीज ने 3 विकेट खोकर 163 रन के टारगेट को हासिल कर लिया पहले बल्लेबाजी करते हुए न्यूजीलैंड ने 20 ओवर में 162/6 का स्कोर बनाया था। जवाब में वेस्टइंडीज ने 19.5 ओवर में 3 विकेट खोकर लक्ष्य हासिल कर लिया। मैच में वेस्टइंडीज ने टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी करने का फैसला किया। कीवी टीम के लिए ब्रुक हॉलिडे ने सबसे ज्यादा 40 रन बनाए। मैडी ग्रीन ने आखिरी ओवरों में तेजी से रन बनाए और 35 रन की पारी खेली।वेस्टइंडीज के लिए आलिया एलीन ने शानदार गेंदबाजी की और 4 विकेट अपने नाम किए। जवाब में कप्तान मैथ्यूज (48) और शेमेन कैंपबेल (90*) की पारियों के दम पर वेस्टइंडीज को जीत मिल गई। न्यूजीलैंड ने 8 कैच छोड़े। इस मैच के फैक्ट ऑस्ट्रेलिया ने साउथ अफ्रीका को 65 रन से हराया, जीत के साथ अभियान शुरू विमेंस टी-20 वर्ल्ड कप के तीसरे मुकाबले में ऑस्ट्रेलिया ने साउथ अफ्रीका को 65 रन से हराकर टूर्नामेंट में विजयी शुरुआत की। ऑस्ट्रेलिया ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 20 ओवर में 8 विकेट पर 172 रन बनाए। जवाब में साउथ अफ्रीका की टीम 16.4 ओवर में 107 रन पर सिमट गई। टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करने उतरी ऑस्ट्रेलिया की शुरुआत खराब रही और टीम ने 62 रन तक चार विकेट गंवा दिए। इसके बाद फीबी लिचफील्ड (50), एलिस पेरी (36), जॉर्जिया वेयरहम (32) और एनाबेल सदरलैंड (21) की उपयोगी पारियों की बदौलत टीम चुनौतीपूर्ण स्कोर तक पहुंची। लक्ष्य का पीछा करने उतरी साउथ अफ्रीका की बल्लेबाजी नियमित अंतराल पर बिखरती रही। कप्तान लौरा वोल्वार्ड्ट ने 44 रन बनाए, लेकिन उन्हें दूसरे छोर से पर्याप्त सहयोग नहीं मिला और टीम बड़ा लक्ष्य हासिल नहीं कर सकी। लिचफील्ड ने खेली तेज अर्धशतकीय पारी ऑस्ट्रेलिया को पहले ही ओवर में 1 रन के स्कोर पर पहला झटका लगा, लेकिन फीबी लिचफील्ड ने आक्रामक बल्लेबाजी करते हुए 24 गेंदों में 50 रन बनाए। उन्होंने अपनी पारी में 9 चौके और 1 छक्का लगाया। यह उनके टी-20 अंतरराष्ट्रीय करियर का तीसरा अर्धशतक रहा। लिचफील्ड ने एलिस पेरी के साथ 18 गेंदों में 37 रन और बेथ मूनी के साथ 18 गेंदों में 23 रन की साझेदारी की। उनका अर्धशतक टी-20 वर्ल्ड कप इतिहास में ऑस्ट्रेलिया की ओर से दूसरा सबसे तेज अर्धशतक है। ऑस्ट्रेलिया के लिए सबसे तेज वर्ल्ड कप अर्धशतक का रिकॉर्ड एलिसा हीली के नाम है, जिन्होंने 2018 में आयरलैंड के खिलाफ 21 गेंदों में पचासा लगाया था। गेंदबाजों ने दिलाई आसान जीत ऑस्ट्रेलिया की जीत में गेंदबाजों ने अहम भूमिका निभाई। जॉर्जिया वेयरहम ने 2.4 ओवर में 13 रन देकर 3 विकेट लिए। कप्तान सोफी मोलिन्यूक्स ने 3 ओवर में 17 रन देकर 2 विकेट चटकाए। अलाना किंग ने 4 ओवर में 26 रन देकर 2 विकेट हासिल किए, जबकि एश्ले गार्डनर और किम गार्थ को 1-1 विकेट मिला। ऑस्ट्रेलियाई गेंदबाजों के सामने साउथ अफ्रीका की बल्लेबाजी पूरी तरह संघर्ष करती नजर आई।
दुनिया की 7वें नंबर की टीम मोरक्को ने फुटबॉल वर्ल्ड कप में 5 बार की चैंपियन ब्राजील को ड्रॉ पर रोक दिया है। ब्राजील की टीम ने 1934 के बाद से अपना ओपनिंग मैच नहीं हारी है। ग्रुप-सी के इस मुकाबले में 2022 की सेमीफाइनलिस्ट मोरक्को ने इस्माइल साइबारी के गोल से पहले बढ़त बनाई, लेकिन स्टार फॉरवर्ड विनिसियस जूनियर के शानदार गोल की बदौलत ब्राजील ने वापसी करते हुए एक अंक हासिल कर लिया। इस मैच के बाद मोरक्को ग्रुप-सी के पॉइंट्स टेबल में पहले स्थान पर है, जबकि ब्राजील दूसरे स्थान पर है। अब ब्राजील अपना अगला मुकाबला शुक्रवार को हैती के खिलाफ फिलाडेल्फिया में खेलेगा, जबकि मोरक्को की टीम स्कॉटलैंड से भिड़ेगी। 2 खास बातें... साइबारी के गोल से मोरक्को को बढ़त मिली मोरक्को ने अटैकिंग शुरुआत की और 21वें मिनट में बढ़त हासिल कर ली। नुसैर मजराउई ने ब्राजील के मिडफील्डर लुकास पाकेटा से गेंद छिनने के बाद ब्राहिम डियाज को पास दिया। फिर डियाज की शानदार थ्रू बॉल पर इस्माइल साइबारी ने दौड़ लगाई और गोलकीपर एलिसन बेकर के ऊपर से गेंद चिप करते हुए गोल दाग दिया। विनिसियस जूनियर ने बराबरी का गोल दागा ब्राजील ने 11 मिनट बाद जवाब दिया। 32वें मिनट में विनिसियस जूनियर ने ब्रूनो गिमारेस के साथ बेहतरीन तालमेल दिखाया। बाएं फ्लैंक से अंदर की ओर बढ़ते हुए उन्होंने जोरदार राइट फुट शॉट लगाया, जो मोरक्को के गोलकीपर यासीन बूनू को छकाते हुए गोल में चला गया। यह विनिसियस के इंटरनेशनल करियर का 10वां गोल है। ब्राजील 2002 में पिछली बार चैंपियन बना थाब्राजील इस वर्ल्ड कप में 2002 के बाद पहला खिताब जीतने के इरादे से उतरा है, हालांकि टीम को अपने स्टार खिलाड़ी नेमार की कमी खली, जो पिंडली की चोट से उबर रहे हैं और इस मुकाबले में नहीं खेले। -------------------------------------------- फुटबॉल वर्ल्ड कप से जुड़ी यह खबर भी पढ़िए… फुटबॉल वर्ल्डकप में कतर ने स्विट्जरलैंड को ड्रॉ पर रोका आखिरी क्षणों में बौआलेम खौखी के गोल से कतर ने फुटबॉल वर्ल्ड कप 2026 के ग्रुप-बी मैच में स्विट्जरलैंड को 1-1 के ड्रॉ पर रोक लिया। इंजरी टाइम के चौथे मिनट में हेडर के जरिए आए इस गोल ने कतार को हार से बचा लिया। जबकि, स्विट्जरलैंड से जीत छीन ली। पढ़ें पूरी खबर
आखिरी क्षणों में बौआलेम खौखी के गोल से कतर ने फुटबॉल वर्ल्ड कप 2026 के ग्रुप-बी मैच में स्विट्जरलैंड को 1-1 के ड्रॉ पर रोक लिया। इंजरी टाइम के चौथे मिनट में हेडर के जरिए आए इस गोल ने कतार को हार से बचा लिया। जबकि, स्विट्जरलैंड से जीत छीन ली। इससे पहले 90 मिनट के खेल में स्विट्जरलैंड का दबदबा रहा, पर टीम जीत नहीं हासिल कर सकी और उसे एक अंक साझा करना पड़ा। एम्बोलो ने पेनल्टी पर गोल दागा स्विट्जरलैंड को 17वें मिनट में बढ़त मिली। कतर के गोलकीपर महमूद अबुनादा ने ब्रेल एम्बोलो को बॉक्स के अंदर फाउल कर दिया, जिसके बाद रेफरी ने पेनल्टी दी। एम्बोलो ने मौका नहीं गंवाया और गेंद को गोलपोस्ट के ऊपरी कोने में पहुंचाकर टीम को 1-0 से आगे कर दिया। स्विट्जरलैंड ने गोल के कई मौके बनाए मैच में स्विट्जरलैंड ने गेंद पर ज्यादा नियंत्रण रखा और कई बार गोल करने के मौके बनाए। हालांकि कतर की रक्षापंक्ति और गोलकीपर ने कई हमलों को नाकाम कर टीम को मैच में बनाए रखा। दूसरे हाफ में भी स्विस टीम बढ़त बढ़ाने में नाकाम रही। इंजरी टाइम में कॉर्नर पर गोल आया जब मुकाबला समाप्ति की ओर बढ़ रहा था और स्विट्जरलैंड जीत के करीब था, तभी इंजरी टाइम में कतर को कॉर्नर मिला। 90+4 मिनट में बौआलेम खौखी ने शानदार हेडर लगाकर गेंद को नेट में पहुंचाया और स्कोर 1-1 कर दिया। इसी के साथ कतर के खिलाड़ियों ने मैदान पर जोरदार जश्न मनाया।
'जैसे मैंने बड़े बेटे वैभव सूर्यवंशी को कामयाब बनाया है, उसी तरह से मैं छोटे बेटे आशीर्वाद सूयवंशी को भी तैयार करूंगा। आशीर्वाद भी वैभव की तरह ही तेज खेलता है। बस अंतर इतना है कि वैभव एक बार में समझ जाता था, इसे बार-बार समझाना पड़ता है। अभी आशीर्वाद बच्चा है, घर में सबका का दुलारा है। धीरे-धीरे मैं उसे भी तैयार कर लूंगा। आशीर्वाद भी देश के लिए खेलेगा।' ये बातें वैभव सूर्यवंशी के पिता संजीव सूर्यवंशी ने कहीं। दरअसल, 11 साल के आशीर्वाद ने 2 दिन पहले ताजपुर क्रिकेट टूर्नामेंट में 87 गेंदों पर शतक लगाया था। 20 चौके और एक सिक्स मारे थे। इसके अलावा 4 ओवर में 4 विकेट भी लिए। वैभव ने छोटे भाई के पहले शतक को अपने सोशल साइट पर शेयर किया है। जिसके बाद चर्चा होने लगी है कि वैभव के बाद आशीर्वाद भी कम उम्र में IPL में डेव्यू करेगा। आशीर्वाद कितने घंटे मेहनत करते हैं?, उनकी पैक्टिस कहां होती है?, शतक के पाद परिवार और ट्रेनर क्या बोले, पढ़ें रिपोर्ट…. पहले तस्वीरें, जहां आशीर्वाद अपनी पैक्टिस करते हैं वैभव की तरह ही लॉन्ग शॉर्ट लगाता है वैभव के चाचा राजीव सूर्यवंशी कहते हैं कि आशीर्वाद अभी 11 साल का है। अभी क्लास 6 में पढ़ाई करता है। दो दिन पहले ताजपुर क्रिकेट अकादमी की ओर से बघौनी में किक्रेट टूर्नामेंट हुआ था। जिसमें आशीर्वाद ने भी भाग लिया था। जिसमें उसने शानदार प्रदर्शन किया था। अपने भाई वैभव की तरह ही उसने लॉन्ग शॉर्ट लगाए। उसने इतना बढ़िया खेला है कि हमें लगता है कि 2 साल में वो आईपीएल तक चला जाएगा। हर दिन 6 घंटे मेहनत करते हैं आशीर्वाद वैभव के चाचा राजीव सूर्यवंशी कहते हैं कि जिस प्रैक्टिस नेट पर वैभव प्रैक्टिस किया करता था, उसी नेट पर आशीर्वाद भी प्रैक्टिस करता है। आशीर्वाद को उसके पिता संजीव सूर्यवंशी प्रैक्टिस करा रहे हैं। इसके अलावा कुछ युवक भी रहते हैं, जो वैभव की प्रैक्टिस के टाइम भी रहते थे। आशीर्वाद सुबह-शाम करीब 6 घंटे मेहनत करता है। राइट हैंड बैटिंग करता है और तेज रफ्तार बॉलर भी है। दो साल में आशीर्वाद को आईपीएल के लिए तैयार कर लिया जाएगा। जिस तरह से लोकल टूर्नामेंट में उसने प्रदर्शन किया है। परिवार की उम्मीद और बढ़ गई है। आशीर्वाद बड़ा क्रिकेटर बनेगा आशीर्वाद को पैक्टिस कराने वाले रौशन कुमार बताते हैं कि दो दिन पहले टूर्नामेंट में आशीर्वाद को लेकर मैं गया था। वहां उसने बेहतरीन खेला। उसे देखकर ऐसा लग रहा था कि जैसा वैभव अपने बचपन में खेला करता था। उसको देखकर लग रहा था कि आने वाले दिन में आशीर्वाद भी बड़ा क्रिकेटर बनेगा। वो काफी ऊपर तक जाएगा। आशीर्वाद की बदौलत टीम ने 234 रन बनाए आशीर्वाद सूर्यवंशी बिहार में क्रिकेट की ट्रेनिंग ले रहे हैं। वे बड़े भाई वैभव की तरह अटैकिंग बल्लेबाजी के लिए जाने जाते हैं। आशीर्वाद की शतकीय पारी की बदौलत क्रिकेट अकादमी ताजपुर ने 29.5 ओवर में 4 विकेट पर 234 रन बनाए। टीम के लिए शिवम राज ने 75 गेंदों में 52 रन का योगदान दिया। शतक पूरा करने के बाद आशीर्वाद ने हेलमेट उतारकर जश्न मनाया। उनकी तस्वीरें वायरल हो रही हैं। वैभव तीन भाइयों में मंझले हैं वैभव सूर्यवंशी तीन भाइयों में मंझले हैं। उनके बड़े भाई का नाम उज्ज्वल सूर्यवंशी है, जबकि सबसे छोटे भाई आशीर्वाद सूर्यवंशी हैं। पिता संजीव सूर्यवंशी और मां आरती सूर्यवंशी ने दोनों बेटों के क्रिकेट करियर में अहम भूमिका निभाई है। वैभव सबसे कम उम्र में भारतीय टीम में चुने गए आशीर्वाद के बड़े भाई वैभव सूर्यवंशी इस समय भारतीय क्रिकेट का चर्चित नाम हैं। 6 जून को उनका चयन आयरलैंड और इंग्लैंड के खिलाफ टी-20 सीरीज तथा एशियन गेम्स के लिए भारतीय टीम में हुआ। 15 साल 71 दिन की उम्र में टीम इंडिया में जगह बनाकर वे भारत के लिए चुने जाने वाले सबसे युवा क्रिकेटर बन गए। वैभव ने इस मामले में शेफाली वर्मा और सचिन तेंदुलकर का रिकॉर्ड पीछे छोड़ दिया। शेफाली पहली बार 15 साल 220 दिन की उम्र में भारतीय टीम में चुनी गई थीं, जबकि सचिन को 16 साल 194 दिन की उम्र में राष्ट्रीय टीम में मौका मिला था। IPL में जीती ऑरेंज कैप वैभव इस समय श्रीलंका-A दौरे पर भारतीय टीम के साथ हैं। उन्होंने अब तक दो मैचों में 58 रन बनाए हैं। इससे पहले IPL 2026 में उन्होंने 776 रन बनाकर ऑरेंज कैप अपने नाम की थी। वैभव को मोस्ट वैल्युएबल प्लेयर, इमर्जिंग प्लेयर ऑफ द ईयर, सुपर स्ट्राइकर और सबसे ज्यादा छक्के लगाने का पुरस्कार भी मिला था। उन्होंने इसी सीजन 36 गेंदों पर शतक जड़कर नया रिकॉर्ड बनाया था। राजीव सूर्यवंशी ने घर के उत्तर वैभव के प्रैक्टिस नेट की ओर इशारा करते हुए बताया कि यहां वैभव का उसके पिता प्रैक्टिस कराया करते थे। वैभव के आईपीएल और अब टी-20 इंडियन टीम में सलेक्शन के बाद वह ज्यादातर बाहर ही रह रहा है। यहां पर उनके छोटे भाई आशीर्वाद के पिता संजीव सूर्यवंशी के साथ ही परिवार के लोग प्रैक्टिस करा रहे हैं। पैक्टिस कराने वालों में कभी वैभव को बॉलिंग करने वाले युवक भी रहते हैं। सुबह और शाम के समय उसे प्रैक्टिस कराई जा रही है। अभी 5-6 घंटा वह मैदान में पसीना बहाता है। यह दाहिए हाथ का बैट्समैंन और फास्ट बॉलर है। वैभव के स्टाइल में ही तेज खेलता है। लॉग शार्ट लगाता है। अभी कलाई से ज्यादा शॉर्ट लगाता है। चाचा ने बताया कि आने वाले दो सालों में इसे भी आईपीएल के लिए तैयार कर लिया जाएगा। जिस तरह से लोकल टूर्नामेंट में इसने प्रदर्शन किया है। उससे परिवार की उम्मीद और बढ गई है। आशीर्वाद ताजपुर के एक निजी स्कूल में वर्ग सिक्स का छात्र है। पढाई के साथ ही खेल में समय दे रहा है। कम उम्र में वैभव सूर्यवंशी के बाद उनका छोटा भाई आशीर्वाद सूर्यवंशी ने लोकल क्रिकेट टूर्नामेंट में शतक लगा कर भौकाल मचा दिया है। दस सालों के आशीर्वाद ने ताजपुर क्रिकेट अकादमी द्वारा बघौनी में आयोजित टूर्नामेंट में 87 गेंदों पर शतक लगाया है। और तो और इसमें 20 चौका और एक छक्का शामिल है। इसके साथ ही उसने चार ओवर में चार विकेट भी लिया। वैभव सूर्यवंशी ने छोटे भाई के पहले शतक को अपने सोशल साइट पर शेयर किया है। जिसके बाद चर्चा का विषय बन गया है कि क्या वैभव के बाद उनका भाई भी बहुत कम उम्र में आईपीएम में डेव्यू करेगा। आशीर्वाद की शतकीय पारी के बाद दैनिक भास्कर उनके घर पर पहुंची। जहां मेरी मुलाकात उनके चाचा राजीव सूर्यवंशी से हुई। आशीर्वाद के पिता संजीव सूर्यवंशी के बारे में बताया गया कि वह बाहर हैं। राजीव सूर्यवंशी ने घर के उत्तर वैभव के प्रैक्टिस नेट की ओर इशारा करते हुए बताया कि यहां वैभव का उसके पिता प्रैक्टिस कराया करते थे। वैभव के आईपीएल और अब टी-20 इंडियन टीम में सलेक्शन के बाद वह ज्यादातर बाहर ही रह रहा है। यहां पर उनके छोटे भाई आशीर्वाद के पिता संजीव सूर्यवंशी के साथ ही परिवार के लोग प्रैक्टिस करा रहे हैं। पैक्टिस कराने वालों में कभी वैभव को बॉलिंग करने वाले युवक भी रहते हैं। सुबह और शाम के समय उसे प्रैक्टिस कराई जा रही है। अभी 5-6 घंटा वह मैदान में पसीना बहाता है। यह दाहिए हाथ का बैट्समैंन और तेज फास्ट बॉलर है। वैभव के स्टाइल में ही तेज खेलता है। लॉग शार्ट लगाता है। अभी कलाई से ज्यादा शॉर्ट लगाता है। चाचा ने बताया कि आने वाले दो सालों में इसे भी आईपीएल के लिए तैयार कर लिया जाएगा। जिस तरह से लोकल टूर्नामेंट में इसने प्रदर्शन किया है। उससे परिवार की उम्मीद और बढ गई है। आशीर्वाद ताजपुर के एक निजी स्कूल में वर्ग सिक्स का छात्र है। पढाई के साथ ही खेल में समय दे रहा है। पिता ने कहा दो सालों में कर लूंगा तैयार, अभी बच्चा है सबका प्यारा है वैभव सूर्यवंशी के पिता संजीव सूर्यवंशी ने कहा कि आशीर्वाद भी वैभव की तरह ही तेज खेलता है। अभी इसे क्रिकेट का गुरू सिखा रहे हैं। वैभव और आशीर्वाद में अंतर है। वैभव को कोई बात एक बार में समझ आ जाती थी। लेकिन इसे बार-बार समझाना पड़ता है। अभी समय लगेगा लेकिन आने वाले दो सालों में इसे भी तैयार कर लेंगे। अभी वह बच्चा है सबका प्यारा है। उस पर कम समय दे रहे हैं अभी वैभव के साथ ही कभी इधर जाना तो कभी उधर जाना पड़ रहा है। जिस कारण आशीर्वाद पर कम समय दे रहे हैं। लेकिन धीरे-धीरे इसे भी तैयार कर लूंगा। यह भी देश के लिए खेलेगा।
FIFA वर्ल्ड कप 2026 में आज चार बार की वर्ल्ड चैंपियन जर्मनी का मुकाबला पहली बार वर्ल्ड कप खेल रही कुरासाओ से होगा। यह मैच ह्यूस्टन स्टेडियम में भारतीय समयानुसार आज रात 10:30 बजे से शुरू होगा। दूसरा मुकाबला नीदरलैंड और जापान के बीच भारतीय समयानुसार 15 जून को डलास स्टेडियम में खेला जाएगा। यह मैच रात 1:30 बजे से शुरू होगा। 15 को ही सुबह 4:30 बजे से आइवरी कोस्ट और इक्वाडोर की भिड़ंत फिलाडेल्फिया स्टेडियम में होगी। वहीं सुबह 7:30 बजे से स्वीडन और ट्यूनीशिया के बीच मोंटेरे स्टेडियम में मुकाबला शुरु होगा। मैच-9: जर्मनी के खिलाफ डेब्यू करेगी कुरासाओ की टीम ग्रुप-E में शामिल 4 बार की वर्ल्ड चैंपियन जर्मनी और कैरेबियाई देश कुरासाओ के बीच यह पहला मुकाबला होगा। कुरासाओ इतिहास में पहली बार FIFA वर्ल्ड कप खेल रही है। कुरासाओ दिग्गज कोच डिक एडवोकेट के मार्गदर्शन में टूर्नामेंट में उतरी है। वहीं जर्मनी को फ्लोरियन विर्ट्ज और जमाल मुसियाला जैसे युवा सितारों से अच्छे प्रदर्शन की उम्मीद होगी। दोनों टीमों की पॉसिबल स्टार्टिंग इलेवन: जर्मनी: नोयर, किमिच, ताह, रुडिगर, रॉम, गोरेट्जका, पावलोविच, विर्ट्ज, मुसियाला, हावर्ट्ज, उंडाव। कुरासाओ: रूम, ब्रेनेट, गारी, ओबिस्पो, फ्लोरानस, एल. बकुना, जे. बकुना, गोरे, चोंग, कस्तानीर, मार्गरीथा। मैच-10: 16 साल बाद वर्ल्ड कप में नीदरलैंड और जापान की भिड़ंत ग्रुप-E में शामिल नीदरलैंड और जापान के बीच अब तक कुल 3 इंटरनेशनल मुकाबले खेले गए हैं। नीदरलैंड का पलड़ा भारी है, जिसने 2 मैचों में जीत दर्ज की है। वहीं 1 मुकाबला ड्रॉ रहा है। जापान की टीम अब तक नीदरलैंड के खिलाफ एक भी मैच नहीं जीत सकी है। FIFA वर्ल्ड कप के इतिहास में दोनों टीमें पूरे 16 साल बाद आमने-सामने होंगी। इससे पहले दोनों की भिड़ंत साल 2010 के वर्ल्ड कप में हुई थी, जहां नीदरलैंड ने 1-0 से जीत दर्ज की थी। डच टीम को अपने स्टार फॉरवर्ड मेम्फिस डेपे और विंगर कोडी गैकपो से गोल की उम्मीद होगी। वहीं जापानी टीम का दारोमदार उनके सबसे भरोसेमंद मिडफील्डर वतारू एंडो और क्रिएटिव विंगर ताकेफूसा कुबो पर टिका होगा। दोनों टीमों की पॉसिबल स्टार्टिंग इलेवन: नीदरलैंड: वेरब्रूगेन, डमफ्राइज, डी विज, वेन डाइक, अके, शुटेन, रीजेंडर्स, सिमंस, विफर, गैकपो, डेपे। जापान: सुजुकी, सुगावारा, इटाकुरा, माचिदा, इटो, एंडो, मोरीता, मितामो, कुबो, डुआन, उएदा। मैच-11: आइवरी कोस्ट और इक्वाडोर के बीच पहली भिड़ंत ग्रुप-F में शामिल आइवरी कोस्ट और इक्वाडोर इससे पहले सिर्फ 1 बार इंटरनेशनल में आमने-सामने थे। वह मैच इक्वाडोर ने जीता था। FIFA वर्ल्ड कप के इतिहास में दोनों टीमें पहली बार एक-दूसरे के खिलाफ मैदान पर उतरेंगी। आइवरी कोस्ट की टीम अपने स्टार फॉरवर्ड सेबेस्टियन हॉलर के दम पर वर्ल्ड कप में विजयी शुरुआत करना चाहेगी, जबकि इक्वाडोर की नजरें अपने कप्तान एनेर वैलेंसिया पर टिकी होंगी। दोनों टीमों की पॉसिबल स्टार्टिंग इलेवन: आइवरी कोस्ट: फोफाना, सिंगो, डियोमंडे, एनडिका, कोनाटे, केसी, सेरी, सेंगारे, डिंग्रा, हॉलर, पेपे। इक्वाडोर: डोमिंगुएज़, प्रेसिआडो, टोरेस, पाचो, हिंकापी, ग्रुएज़ो, कैसिडो, पेज़, यैन्ज़े, सर्मिएंतो, वैलेंसिया। मैच-12: स्वीडन और ट्यूनीशिया के बीच बराबरी की टक्कर ग्रुप-F में शामिल स्वीडन और ट्यूनीशिया के बीच अब तक कुल 4 इंटरनेशनल मुकाबले खेले जा चुके हैं। दोनों टीमों ने 1-1 मैच जीता है, जबकि 2 मुकाबले ड्रॉ रहे हैं। FIFA वर्ल्ड कप के इतिहास में दोनों टीमें पहली बार आपस में टकराएंगी। स्वीडन की टीम को अपने स्टार स्ट्राइकर अलेक्जेंडर इसाक से बड़े प्रदर्शन की उम्मीद होगी, वहीं ट्यूनीशिया की टीम अपने मजबूत डिफेंस के दम पर यूरोपीय टीम को रोकने की कोशिश करेगी। दोनों टीमों की पॉसिबल स्टार्टिंग इलेवन: स्वीडन: ओल्सन, होमग्रेन, हिएन, लिंडेलोफ, ऑगस्टिनसन, काजुस्ते, लार्सन, कुलुसेवस्की, फोर्सबर्ग, इलांगा, इसाक। ट्यूनीशिया: डहमेन, वालरी, मरियह, टालबी, आब्दी, स्केहिरी, लैदौनी, बेन सुलेमान, अचौरी, म्साकनी, जेबाली।
विमेंस टी-20 वर्ल्ड कप में आज भारत और पाकिस्तान का मुकाबला एजबेस्टन स्टेडियम में शाम 7 बजे शुरू होगा। टूर्नामेंट में दोनों टीमों का यह पहला मैच होगा। भारत पिछले टी-20 वर्ल्ड कप में सेमीफाइनल तक पहुंचा था। वहीं पाकिस्तान ग्रुप स्टेज से बाहर हो गया था। भारत और पाकिस्तान के बीच 16 टी-20 मुकाबले हुए हैं। इनमें भारत ने 13 और पाकिस्तान ने 3 मैच जीते हैं। टी-20 वर्ल्ड कप में दोनों टीमें 8 बार आमने-सामने हुई हैं। भारत ने 6 और पाकिस्तान ने 2 मैच जीते हैं। पिछले साल पहली बार वनडे वर्ल्ड कप जीतने वाली भारतीय टीम अब टी-20 वर्ल्ड कप जीतकर लगातार दूसरा ICC खिताब हासिल करना चाहेगी। वहीं पाकिस्तान की टीम हाल ही में बांग्लादेश को टी-20 सीरीज में 3-0 से हराकर टूर्नामेंट में पहुंची है। फातिमा की फिटनेस पर सस्पेंस शनिवार को प्रैक्टिस के दौरान पाकिस्तानी कप्तान फातिमा सना चोटिल हो गईं। टीममेट आयशा जफर का शॉट उनके दाएं घुटने पर लगा। चोट के बाद वे अभ्यास नहीं कर सकीं। उनका खेलना मुश्किल माना जा रहा है। शेफाली-मंधाना पर बड़ी जिम्मेदारी तीसरे नंबर पर किसे मौका? भारतीय टीम मैनेजमेंट के लिए टीम सिलेक्शन भी सिरदर्द बना हुआ है। तीसरे नंबर पर यस्तिका भाटिया और भारती फुलमाली में से किसी एक को मौका मिल सकता है। दोनों खिलाड़ियों ने हाल के महीनों में अच्छा प्रदर्शन किया है। पाकिस्तान के लिए फातिमा सबसे बड़ी उम्मीद मौसम साफ रहेगा बर्मिंघम में रविवार को मौसम क्रिकेट के लिए अनुकूल रहने की उम्मीद है। तापमान 10 से 19 डिग्री सेल्सियस के बीच रहेगा। बारिश की संभावना 20 प्रतिशत है। हालांकि बादल और हवा के कारण शुरुआती ओवरों में तेज गेंदबाजों को स्विंग मिल सकती है। एजबेस्टन की पिच कैसी रहेगी? 21 हजार दर्शकों की क्षमता वाले एजबेस्टन स्टेडियम की पिच बल्लेबाजों और गेंदबाजों दोनों को मदद देती है। नई गेंद से तेज गेंदबाजों को मूवमेंट मिलता है, जबकि मैच आगे बढ़ने पर स्पिनरों की भूमिका बढ़ती है। इस मैदान पर महिला टी-20 इंटरनेशनल में पहली पारी का औसत स्कोर 145 रन है। 150 से ज्यादा का स्कोर चैलेंजिंग माना जाता है। यहां पहले बल्लेबाजी करने वाली टीम 10 और लक्ष्य का पीछा करने वाली टीम 9 मुकाबले जीत चुकी है। पॉसिबल प्लेइंग-11 भारत: स्मृति मंधाना, शेफाली वर्मा, यास्तिका भाटिया/भारती फुलमाली, हरमनप्रीत कौर (कप्तान), जेमिमा रोड्रिग्स, ऋचा घोष (विकेटकीपर), दीप्ति शर्मा, श्रेयंका पाटिल, क्रांति गौड़, नंदिनी शर्मा, श्री चरणी। पाकिस्तान: मुनीबा अली (विकेटकीपर), गुल फिरोजा, आयशा जफर, आलिया रियाज, फातिमा सना (कप्तान), इमन फातिमा, इरम जावेद, तुबा हसन, डायना बेग, नशरा संधू, सादिया इकबाल। कहां देख सकेंगे मैच मैच का लाइव टेलीकास्ट स्टार स्पोर्ट्स नेटवर्क पर होगा। लाइव स्ट्रीमिंग जियोहॉटस्टार पर उपलब्ध रहेगी। दैनिक भास्कर एप पर भी आप मैच का LIVE ब्लॉग, मोमेंट्स, रिकॉर्ड्स पढ़ सकते हैं।
स्कॉटलैंड ने आयरलैंड के खिलाफ मैनचेस्टर में खेले गए विमेंस टी20 वर्ल्ड कप 2026 के दूसरे मुकाबले को 40 रन से अपने नाम किया
भारतीय क्रिकेट टीम के स्टार विकेटकीपर-बल्लेबाज ऋषभ पंत ने उत्तराखंड के सीमांत जिले पिथौरागढ़ स्थित आदि कैलाश और पंचाचूली क्षेत्र का दौरा किया। अपने निजी दौरे के दौरान उन्होंने भगवान शिव के पवित्र धाम आदि कैलाश में दर्शन कर पूजा-अर्चना की और क्षेत्र की प्राकृतिक सुंदरता का भी आनंद लिया। पर्यटन कारोबारियों का मानना है कि ऋषभ पंत जैसे लोकप्रिय क्रिकेटर के इस दौरे से आदि कैलाश, पंचाचूली और दारमा घाटी को राष्ट्रीय स्तर पर नई पहचान मिलेगी। इससे न केवल धार्मिक और साहसिक पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा, बल्कि सीमांत क्षेत्रों की स्थानीय अर्थव्यवस्था को भी मजबूती मिलने की उम्मीद है। 10 जून को पंचाचूली का किया दीदारभारतीय क्रिकेटर ऋषभ पंत ने 10 जून को पिथौरागढ़ की दारमा घाटी पहुंचकर अपने सीमांत क्षेत्र के दौरे की शुरुआत की। यहां उन्होंने विश्व प्रसिद्ध पंचाचूली पर्वत श्रृंखला और आसपास की प्राकृतिक वादियों का भ्रमण किया। नाबी गांव के होम स्टे में रुकेदारमा घाटी दौरे के दौरान ऋषभ पंत नाबी गांव स्थित एक होम स्टे में ठहरे। उनके आगमन की जानकारी मिलने पर स्थानीय लोगों में उत्साह का माहौल बन गया और कई लोग उनसे मिलने पहुंचे। 12 जून को आदि कैलाश पहुंचकर की पूजा-अर्चनाहोम स्टे संचालक सुरेंद्र सिंह नबियाल ने बताया कि 12 जून को ऋषभ पंत ज्योलिंगकांग स्थित आदि कैलाश पहुंचे। यहां उन्होंने शिव-पार्वती मंदिर में विधिवत पूजा-अर्चना कर भगवान शिव का आशीर्वाद लिया और पवित्र धाम में कुछ समय बिताया। आईटीबीपी के जवानों से की मुलाकातआदि कैलाश दौरे के दौरान ऋषभ पंत ने भारत-तिब्बत सीमा क्षेत्र में तैनात जवानों से मुलाकात कर उनका उत्साहवर्धन किया। इसके अलावा उन्होंने स्थानीय लोगों और प्रशंसकों के साथ तस्वीरें खिंचवाईं तथा कई फैंस को ऑटोग्राफ देकर अपने दौरे का समापन किया। गंगोलीहाट में है पैतृक गांवऋषभ पंत का उत्तराखंड से गहरा जुड़ाव है। उनका पैतृक संबंध पिथौरागढ़ जिले के गंगोलीहाट क्षेत्र से है। यही वजह है कि उनका आदि कैलाश और दारमा घाटी का दौरा स्थानीय लोगों के लिए विशेष महत्व रखता है। सीमांत क्षेत्र पहुंचने पर लोगों ने उन्हें अपने बीच पाकर खुशी जताई, जबकि पंत ने भी स्थानीय संस्कृति, धार्मिक आस्था और क्षेत्र की प्राकृतिक विरासत के प्रति अपना लगाव प्रदर्शित किया।
भारतीय एथलीट तेजस शिर्से ने हर्डल रेस में नया रिकॉर्ड बना दिया है। उन्होंने शनिवार को 110 मीटर की रेस 13.27 सेकेंड में पूरी की। तेजस ने अपना ही रिकॉर्ड तोड़ा। उन्होंने मई 2024 में फिनलैंड के जैवस्किला में मोटोनेट जीपी मीट में 13.41 सेकेंड का रिकॉर्ड बनाया था। तेजस ने पंजाब के लुधियाना स्थित गुरु नानक स्टेडियम में इंडियन एथलेटिक्स सीरीज-9 में यह रिकॉर्ड बनाया। वे इस टूर्नामेंट में रिलायंस फाउंडेशन को रिप्रेजेंट कर रहे थे। कॉमनवेल्थ गेम्स के लिए क्वालिफाई किया तेजस ने कॉमनवेल्थ गेम्स के लिए क्वालिफाई कर लिया। उनका निर्धारित क्वालिफिकेशन मार्क 13.39 सेकेंड से बेहतर रहा। कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 का आयोजन 23 जुलाई से 2 अगस्त तक स्कॉटलैंड के ग्लासगो में होगा। रांची में गोल्ड मेडल जीता तेजस चोट के कारण कुछ समय ट्रैक से दूर रहे थे। इसके बाद उन्होंने रांची में हुए फेडरेशन कप 2026 में गोल्ड मेडल जीता था। एशिया का छठा बेस्ट प्रदर्शन तेजस ने 13.27 सेकेंड का समय निकालकर एशिया का छठा बेस्ट प्रदर्शन भी दर्ज किया। यदि उनका चयन भारतीय टीम में होता है तो वह 2014 में सिद्धार्थ थिंगालाया के बाद कॉमनवेल्थ गेम्स में हिस्सा लेने वाले पहले भारतीय मेंस 110 मीटर हर्डलर बन जाएंगे। रेस-बी में तेजस का दबदबा 110 मीटर हर्डल्स रेस-बी में तेजस ने शुरुआत से ही बढ़त बना ली थी। कृष्णिक एम ने उन्हें कड़ी टक्कर दी, लेकिन अंतिम हर्डल से टकराने के बावजूद तेजस ने 13.27 सेकेंड में रेस पूरी कर पहला स्थान हासिल किया। कृष्णिक एम 13.55 सेकेंड के साथ दूसरे और राजस्थान के माधवेंद्र सिंह 14.00 सेकेंड के साथ तीसरे स्थान पर रहे। दिल्ली के हरमनजीत सिंह 14.42 सेकेंड के साथ चौथे स्थान पर रहे। हरियाणा के शिवदर्शन ने 14.65 सेकेंड का समय निकालकर पांचवां स्थान हासिल किया। एयर फोर्स के तरनदीप सिंह भाटी 15.01 सेकेंड के साथ छठे और ऑल इंडिया पुलिस के सचिन कुमार 15.48 सेकेंड के साथ सातवें स्थान पर रहे। रेस-ए में पंकज पाल साहू विजेता रेस-ए में पंजाब के पंकज पाल साहू ने 14.65 सेकेंड के समय के साथ पहला स्थान हासिल किया। दिल्ली के शुभम रावत 14.77 सेकेंड के साथ दूसरे और बलराम शर्मा 14.85 सेकेंड के साथ तीसरे स्थान पर रहे। राजस्थान के मुकुल 15.23 सेकेंड के साथ चौथे और उत्तर प्रदेश के शिवम सिंह 16.91 सेकेंड के साथ पांचवें स्थान पर रहे। अफसल कॉमनवेल्थ क्वालिफिकेशन से चूके पुरुषों की 800 मीटर दौड़ में नेशनल रिकॉर्ड बनाने वाले मोहम्मद अफसल कॉमनवेल्थ गेम्स का क्वालिफिकेशन मार्क हासिल नहीं कर सके। उन्होंने 1:47 मिनट का समय निकाला, जबकि ग्लासगो 2026 के लिए निर्धारित क्वालिफिकेशन मानक 1:45 मिनट था। सचिन यादव बाहर, रोहित-जेना पर नजर जैवलिन वर्ल्ड चैंपियनशिप फाइनलिस्ट सचिन यादव कोहनी की चोट के कारण प्रतियोगिता से बाहर रह सकते हैं। ऐसे में रोहित यादव, शिवम लोहाकरे और किशोर कुमार जेना पर नजरें रहेंगी, जो कॉमनवेल्थ गेम्स के लिए अपनी दावेदारी मजबूत करना चाहेंगे। वहीं दो बार के ओलिंपिक मेडलिस्ट नीरज चोपड़ा भी पिछले साल लगी चोट से उबर रहे हैं और उनके कॉमनवेल्थ गेम्स में खेलने की संभावना फिलहाल कम मानी जा रही है।
विमेंस टी-20 वर्ल्ड कप में भारत और पाकिस्तान के बीच होने वाले महामुकाबले से पहले पूर्व इंग्लैंड कप्तान नासिर हुसैन ने टीम इंडिया को जीत का प्रबल दावेदार बताया है। जियोस्टार मीडिया डे के दौरान ICC विमेंस टी-20 वर्ल्ड कप एक्सपर्ट नासिर ने कहा, पाकिस्तान को भारत जैसी मजबूत टीम को हराने के लिए अपने सामान्य स्तर से ऊपर उठकर निडर क्रिकेट खेलनी होगी। वहीं, भारत के लिए यह मुकाबला सिर्फ जीत ही नहीं, बल्कि बेहतर नेट रन रेट के लिहाज से भी बेहद अहम रहेगा। भारतीय बॉलिंग अटैक अलग लेवल का ICC एक्सपर्ट का मानना है कि पाकिस्तान ने हाल ही में जिम्बाब्वे के खिलाफ एक अच्छी सीरीज खेली थी। उस सीरीज में पाकिस्तानी बल्लेबाजों के स्ट्राइक रेट में काफी सुधार देखने को मिला था और वह काफी ऊपर गया था। लेकिन जिम्बाब्वे के प्रति पूरा सम्मान रखते हुए यह समझना होगा कि उनका बॉलिंग अटैक भारतीय बॉलिंग अटैक जैसा मजबूत नहीं है। इसलिए पाकिस्तान को भारत के खिलाफ अपनी रणनीति बदलनी होगी। सामान्य खेल से भारत को हराना नामुमकिन एक्सपर्ट के मुताबिक, अगर पाकिस्तान की टीम भारत के खिलाफ केवल अपने सामान्य स्तर पर ही खेलती है, तो भारतीय टीम उनके लिए बहुत ज्यादा मजबूत साबित होगी। केवल पाकिस्तान ही नहीं, बल्कि टूर्नामेंट की अन्य बड़ी टीमों जैसे इंग्लैंड, साउथ अफ्रीका, न्यूजीलैंड, भारत और ऑस्ट्रेलिया को हराने के लिए किसी भी टीम को अपने सामान्य स्तर से काफी ऊपर का खेल दिखाना होगा। डरकर खेलने से नहीं बनेगा काम, 120 रन का टारगेट काफी नहीं पाकिस्तान की टीम इस मुकाबले में डरकर या संभलकर क्रिकेट नहीं खेल सकती। अगर पाकिस्तानी टीम पहले बल्लेबाजी करते हुए केवल 120 रनों के आसपास का सामान्य स्कोर बनाती है, तो भारतीय टीम इस लक्ष्य को बेहद आसानी से हासिल कर लेगी। इसलिए पाकिस्तान को बड़े उलटफेर के लिए निडर होकर खेलना होगा और उनके पास ऐसे खिलाड़ी होने चाहिए जो इस सोच के साथ मैदान पर उतर सकें। भारत को दबाव में लाने की रणनीति अपनानी होगी मैच जीतने के लिए पाकिस्तान को भारतीय टीम पर शुरुआत से ही थोड़ा दबाव बनाना होगा। हर कोई जानता है कि भारतीय खिलाड़ी देश के लिए खेल रहे हैं और इस ग्रुप में अब उनके ऊपर उम्मीदों का भारी दबाव भी है। पाकिस्तान को इसी दबाव का फायदा उठाने की कोशिश करनी होगी। भारत के लिए यह मस्ट-विन मैच भारतीय टीम जिस ग्रुप में है, उसमें साउथ अफ्रीका और ऑस्ट्रेलिया जैसी दो अन्य बेहद मजबूत टीमें भी शामिल हैं। इस कड़े ग्रुप को देखते हुए भारत के लिए पाकिस्तान के खिलाफ यह मैच मस्ट-विन (हर हाल में जीतने वाला) मुकाबला बन जाता है। भारत को न सिर्फ यह मैच जीतना होगा, बल्कि आगे की राह आसान करने के लिए अपने नेट रन रेट को भी काफी बेहतर रखना होगा। शुरुआती मैच में भारत को चौंकाने का मौका अगर पाकिस्तान की टीम टूर्नामेंट के अपने पहले ही मैच में भारतीय टीम को थोड़ा चौंका देती है और उन पर शुरुआती दबाव बना देती है, तो भारतीय टीम बैकफुट पर आ सकती है। ऐसे में भारत सोचने पर मजबूर हो जाएगा कि वे यह मैच नहीं हार सकते, क्योंकि उन्हें आगे जाकर अभी साउथ अफ्रीका और ऑस्ट्रेलिया जैसी खतरनाक टीमों से भिड़ना है। हालांकि, एक्सपर्ट ने साफ किया कि इस सब के बावजूद मैच जीतने के लिए भारत ही उनका पसंदीदा विकल्प है।
हर्डलर तेजस शिरसे ने नेशनल रिकॉर्ड बनाकर रचा इतिहास
लुधियाना, भारतीय हर्डलर तेजस शिरसे ने शनिवार को इंडियन एथलेटिक्स सीरीज 9 में शानदार प्रदर्शन करते हुए इतिहास रच दिया।
हम किसी भी टीम से हार सकते हैं, लेकिन पाकिस्तान से नहीं
नई दिल्ली, महिला टी20 विश्व कप 2026 में भारतीय टीम अपने अभियान की शुरुआत रविवार को पाकिस्तान के खिलाफ करेगी।
FIFA फुटबॉल वर्ल्ड कप 2026 में इंग्लैंड फुटबॉल टीम का सामान चोरी हो गया। यह घटना शुक्रवार को हुई। टीम का सामान फ्लोरिडा में लगे प्री-टूर्नामेंट कैंप से अमेरिका के कैंसास सिटी स्थित स्वोप सॉकर विलेज ले जाया जा रहा था। रिपोर्ट्स के मुताबिक, कैंसास सिटी पहुंचने के बाद टीम के वाहन से सामान गायब मिला। ब्रिटिश मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, चोरी हुए सामान में फुटबॉल और खिलाड़ियों के बूट्स शामिल हैं। कैंसास पुलिस ने इस मामले में दो संदिग्धों को हिरासत में लिया है। मामले की जांच जारी है। स्वोप सॉकर विलेज कैंसास सिटी में स्थित एक फुटबॉल ट्रेनिंग सेंटर है। इंग्लैंड टीम ने वर्ल्ड कप 2026 के दौरान इसे अपने बेस कैंप और ट्रेनिंग वेन्यू के रूप में चुना है। स्थानीय पुलिस ने शुरू की जांच, 2 लोग हिरासत में कैंसास सिटी पुलिस ने घटना की पुष्टि करते हुए कहा है कि टीम के वाहन से सामान गायब होने और संभावित चोरी के मामले की जांच की जा रही है। पुलिस अधिकारियों के मुताबिक, जांच अभी जारी है। इस मामले में दो संदिग्धों को पूछताछ के लिए हिरासत में लिया गया है। ग्रुप-L में शामिल है इंग्लैंड, 18 जून को पहला मैच वर्ल्ड कप 2026 में इंग्लैंड की टीम ग्रुप-L में है। इस ग्रुप में इंग्लैंड के साथ क्रोएशिया, घाना और पनामा की टीमें मौजूद हैं। भारतीय समयानुसार इंग्लैंड की टीम 18 जून को क्रोएशिया के खिलाफ मैच अपने वर्ल्ड कप अभियान की शुरुआत करेगी। 9 खिलाड़ी करेंगे मेजर इंटरनेशनल टूर्नामेंट में डेब्यू थॉमस टचल के कोचिंग में इंग्लैंड की टीम एक नए लुक में नजर आ रही है। इस 26 सदस्यीय टीम में कई नए चेहरों को जगह मिली है। टीम के 9 खिलाड़ी ऐसे हैं, जो पहली बार किसी बड़े इंटरनेशनल टूर्नामेंट में डेब्यू कर सकते हैं। इन नए खिलाड़ियों में इलियट एंडरसन और मॉर्गन रोजर्स भी शामिल हैं। -------------------------- स्पोर्ट्स की यह खबर भी पढ़ें… फुटबॉल वर्ल्ड कप में 96 साल पुरानी हिस्ट्री रिपीट:अमेरिका ने पराग्वे को हराया फुटबॉल वर्ल्ड कप में शनिवार को 96 साल पुरानी हिस्ट्री रिपीट हुई। जब मेजबान अमेरिका ने ग्रुप-डी मैच में पराग्वे को 4-1 से हराया। अमेरिकी टीम ने 1930 के एडिशन में पराग्वे को 3-0 के एकतरफा अंतर से हराया था। उस मुकाबले में बर्ट पटेनाउड ने टूर्नामेंट के इतिहास की पहली हैट्रिक लगाई थी। पूरी खबर…
महिला टी20 विश्व कप 2026 के दौरान भारतीय टीम पाकिस्तान पर हावी
नई दिल्ली, महिला टी20 विश्व कप 2026 में रविवार को भारतीय टीम अपने अभियान का आगाज पाकिस्तान के खिलाफ करेगी।
भारत की स्टार बैडमिंटन खिलाड़ी पीवी सिंधु का ऑस्ट्रेलियन ओपन 2026 में सफर समाप्त हो गया है। महिला सिंगल्स के सेमीफाइनल मुकाबले में सिंधु को जापान की वर्ल्ड नंबर-3 अकाने यामागुची के हाथों सीधे गेमों में 20-22, 12-22 से करारी हार झेलनी पड़ी। पहले गेम में कड़ी टक्कर देने के बाद सिंधु दूसरे गेम में पूरी तरह अपनी लय खो बैठीं और मुकाबला गंवा दिया। इस जीत के साथ ही टॉप सीड अकाने यामागुची ने बीडब्ल्यूएफ (BWF) टूर पर लगातार अपने चौथे फाइनल में जगह बना ली है। वहीं पिछले दो साल से खराब फॉर्म और चोट से जूझने के बाद वापसी की कोशिशों में जुटीं सिंधु का इस साल का पहला खिताब जीतने का सपना एक बार फिर टूट गया। पहले गेम में करीबी हार, आखिरी पलों की गलतियां पड़ीं भारी सिंधु को पहले गेम में जापान की वर्ल्ड नंबर-3 अकाने यामागुची के खिलाफ 20-22 से हार का सामना करना पड़ा। मुकाबला बेहद रोमांचक रहा, लेकिन आखिर में सिंधु की अपनी दो गलतियां उन पर भारी पड़ गईं। इसके चलते गेम में बढ़त बनाने का शानदार मौका उनके हाथ से निकल गया। उन्होंने शानदार शुरुआत की और मिड-गेम ब्रेक तक 11-9 की बढ़त बना ली थी। इसके बाद भी उन्होंने मैच पर पकड़ बनाए रखी और एक समय स्कोर 17-15 कर लिया। हालांकि, बढ़त को जीत में बदलने में वे सफल नहीं रहीं। आखिरी पलों में यामागुची ने लगातार दबाव बनाया और स्कोर 20-20 से बराबर कर दिया। इसके बाद सिंधु का एक स्मैश कोर्ट के बाहर चला गया, जिसका फायदा उठाते हुए यामागुची ने पहला गेम 22-20 से अपने नाम कर लिया। दूसरे गेम में यामागुची का दबदबा पहला गेम 20-22 से गंवाने के बाद पीवी सिंधु दूसरे गेम में भी लय हासिल नहीं कर सकीं। शुरुआत में दोनों खिलाड़ियों के बीच कड़ी टक्कर देखने को मिली और स्कोर 5-5 की बराबरी पर था। सिंधु लंबी रैलियों के जरिए यामागुची पर दबाव बनाने की कोशिश कर रही थीं, लेकिन इसके बाद जापानी खिलाड़ी ने मैच की रफ्तार पूरी तरह अपने पक्ष में कर ली। यामागुची ने मजबूत डिफेंस के साथ आक्रामक खेल दिखाते हुए लगातार पांच अंक हासिल किए और मिड-गेम ब्रेक तक 11-6 की बढ़त बना ली। इसके बाद उन्होंने सिंधु को वापसी का कोई मौका नहीं दिया। यामागुची ने ड्रॉप शॉट्स और बैककोर्ट शॉट्स का शानदार संयोजन इस्तेमाल करते हुए सिंधु को लगातार कोर्ट में दौड़ाया। दूसरे हाफ में सिंधु का खेल बिखरा हुआ नजर आया। उनकी मूवमेंट और शॉट चयन में भी आत्मविश्वास की कमी दिखी, जिसका फायदा उठाकर यामागुची ने बढ़त 14-7 कर दी। इसके बाद जापानी शटलर ने मुकाबले पर पूरी पकड़ बनाए रखी और आसानी से दूसरा गेम 21-12 जीतकर फाइनल में जगह बना ली। फीफा वर्ल्ड कप से पहले इंग्लैंड टीम का सामान चोरी फीफा वर्ल्ड कप 2026 की शुरुआत से ठीक पहले इंग्लैंड फुटबॉल टीम के साथ एक बड़ी घटना हो गई है। टीम के कैनसस सिटी पहुंचने से पहले ही उनके ट्रेनिंग इक्विपमेंट (सामान) चोरी हो गए हैं। लोकल पुलिस ने पुष्टि की है कि जिस गाड़ी में टीम का गियर और जरूरी सामान ले जाया जा रहा था, उसे तोड़कर चोरी की गई है। ब्रिटिश मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, चोरी हुए सामान में फुटबॉल और खिलाड़ियों के बूट्स (जूते) भी शामिल हैं। यह घटना तब हुई जब सामान को फ्लोरिडा के प्री-टूर्नामेंट कैंप से कैनसस सिटी के स्वोप सॉकर विलेज (ट्रेनिंग बेस) ले जाया जा रहा था। पुलिस ने इस मामले में दो लोगों को हिरासत में लिया है। इंग्लैंड को फीफा वर्ल्ड कप 2026 के ग्रुप 'L' में रखा गया है। इस ग्रुप में इंग्लैंड के साथ क्रोएशिया, घाना और पनामा जैसी टीमें हैं। भारतीय समयानुसार (IST) इंग्लैंड अपने वर्ल्ड कप अभियान की शुरुआत 18 जून को क्रोएशिया के खिलाफ मैच से करेगी। टूर्नामेंट शुरू होने से ठीक 5 दिन पहले हुए इस हादसे से टीम के मैनेजमेंट की चिंताएं बढ़ गई हैं, क्योंकि खिलाड़ियों को अपने पसंदीदा और कस्टमाइज्ड बूट्स के साथ प्रैक्टिस करने का समय कम मिलेगा।
बांग्लादेश टेस्ट टीम के स्पिनर नईम हसन ने चटगांव पुलिस पर मारपीट और गाली देने के आरोप लगाए हैं। नईम का दावा है कि पुलिसकर्मियों ने उन्हें गला पकड़कर गाड़ी में बैठाया और फिर पीटा। 26 साल के क्रिकेटर ने कहा- मैंने अधिकारियों को अपने नेशनल क्रिकेटर होने की बात भी बताई, लेकिन वे नहीं रुके। नईम ढाका प्रीमियर लीग में प्राइम बैंक क्रिकेट क्लब के लिए अपना आखिरी मैच खेलने के बाद 12 जून की रात फ्लाइट से चटगांव पहुंचे थे। वे रात 11:25 बजे CNG ऑटो से घर लौट रहे थे, तब लंकन बाजार फ्लाईओवर के नीचे पुलिस ने उनका वाहन रोक लिया और मारपीट की। नईम को जिम्बाब्वे के खिलाफ इकलौटे टेस्ट के लिए बांग्लादेशी टीम में चुना गया है। नईम बोले- मुझे पीटा…गालियां भी दीं डिप्टी कमिश्नर बोले- जांच कर रहे हैं, दोषियों पर कार्रवाई होगी मामले पर प्रतिक्रिया देते हुए चटगांव मेट्रोपॉलिटन पुलिस के डिप्टी कमिश्नर अमीरुल इस्लाम ने कहा कि घटना की जांच की जा रही है और दोषी पाए जाने वाले लोगों के खिलाफ कार्रवाई होगी। उन्होंने कहा कि पुलिस की छवि और पेशेवर आचरण से जुड़े मामलों में विभाग की जीरो टॉलरेंस नीति है। BCB ने निष्पक्ष जांच, दोषियों पर कार्रवाई की मांग की बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड (BCB) ने घटना पर चिंता जताई है। बोर्ड ने इस मामले को बेहद गंभीर बताते हुए निष्पक्ष जांच और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। BCB ने आधिकारिक बयान में कहा- 'कानून-प्रवर्तन एजेंसियों के कुछ सदस्यों द्वारा नईम हसन के साथ किया गया कथित व्यवहार अस्वीकार्य और अनुचित है। --------------------------------------------------------- बांग्लादेश क्रिकेट से जुड़ी यह खबर भी पढ़िए… बांग्लादेश ने पहली बार ऑस्ट्रेलिया को वनडे सीरीज में हराया बांग्लादेश ने गुरुवार को ढाका स्टेडियम में खेले गए दूसरे वनडे में ऑस्ट्रेलिया को 5 विकेट से हरा दिया। इसके साथ ही बांग्लादेश ने 3 मैचों की सीरीज में 2-0 से अजेय बढ़त बना ली। यह क्रिकेट इतिहास में पहली बार है, जब बांग्लादेश ने ऑस्ट्रेलिया को वनडे सीरीज में हराया है। पढ़ें पूरी खबर
फीफा वर्ल्ड कप 2026 में अपने अभियान की शुरुआत से पहले ब्राजील फुटबॉल टीम के मुख्य कोच कार्लो एंसेलोटी और स्टार खिलाड़ी विनीसियस जूनियर ने टीम की तैयारियों और उम्मीदों को लेकर खुलकर बात की
राजस्थान के 2 तेज गेंदबाज अशोक शर्मा और गणेश सुथार अब राजस्थान की ओर से क्रिकेट नहीं खेलेंगे। दोनों खिलाड़ियों ने राजस्थान क्रिकेट एसोसिएशन (आरसीए) से नो ऑब्जेक्शन सर्टिफिकेट (एनओसी) ले ली है। अशोक शर्मा गुजरात और गणेश सुथार हरियाणा की टीम से अपना क्रिकेट करियर आगे बढ़ाएंगे। दोनों खिलाड़ियों का जाना राजस्थान क्रिकेट के लिए बड़ा झटका माना जा रहा है, क्योंकि पिछले कुछ सालों में दोनों गेंदबाजों ने घरेलू क्रिकेट में अपनी तेज गेंदबाजी से अलग पहचान बनाई थी। खासकर अशोक शर्मा ने पिछले सीजन में अपने प्रदर्शन से चयनकर्ताओं (सिलेक्टरों) और क्रिकेट विशेषज्ञों का ध्यान खींचा था, जबकि गणेश सुथार भी लगातार अपनी रफ्तार और प्रतिभा के दम पर चर्चा में रहे हैं। अशोक शर्मा आईपीएल (IPL) में गुजरात टाइटंस की ओर से खेल चुके हैं। इस सीजन में उन्होंने 154 किमी/घंटे की रफ्तार से गेंदबाजी की थी। खिलाड़ियों को नहीं रोकेंगे आरसीए एडहॉक कमेटी के सदस्य अरिष्ट सिंघवी ने दोनों खिलाड़ियों के राजस्थान छोड़ने की पुष्टि की। उन्होंने कहा- अशोक शर्मा और गणेश सुथार आज जिस मुकाम पर पहुंचे हैं, उसमें राजस्थान क्रिकेट की महत्वपूर्ण भूमिका रही है। आईपीएल तक का सफर हो या राष्ट्रीय स्तर पर पहचान बनाना, दोनों खिलाड़ियों ने राजस्थान में रहकर ही अपनी प्रतिभा को निखारा है। अगर उन्हें लगता है कि किसी दूसरे राज्य में उनके लिए बेहतर अवसर मौजूद हैं, तो हम उनके निर्णय का सम्मान करते हैं और उन्हें शुभकामनाएं देते हैं। सिंघवी ने स्पष्ट किया कि राजस्थान क्रिकेट एसोसिएशन किसी भी खिलाड़ी के करियर की राह में बाधा नहीं बनना चाहती। सिर्फ अशोक और गणेश ही नहीं, बल्कि राजस्थान से खेलने वाले किसी भी खिलाड़ी को अगर कहीं बेहतर मौका मिलता है और उसे लगता है कि वहां वह अपने करियर को नई ऊंचाइयों तक ले जा सकता है, तो हम उसे रोकने के पक्ष में नहीं हैं। खिलाड़ियों से की गई थी बातचीत अरिष्ट सिंघवी ने बताया- एडहॉक कमेटी के संयोजक और सभी सदस्यों ने दोनों खिलाड़ियों से व्यक्तिगत रूप से बातचीत की थी। इस दौरान यह जानने की कोशिश की गई कि कहीं राजस्थान क्रिकेट व्यवस्था से उन्हें कोई शिकायत तो नहीं है, लेकिन उन्होंने राजस्थान क्रिकेट को लेकर किसी तरह की नाराजगी या शिकायत नहीं जताई। उनका मानना था कि दूसरे राज्यों में उन्हें अपने करियर के लिए अधिक अवसर मिल सकते हैं। इसी वजह से उन्होंने यह फैसला लिया है। सिंघवी ने कहा कि एक तेज गेंदबाज का करियर काफी चुनौतीपूर्ण होता है। मुझे लगता है कि किसी भी फास्ट बॉलर का पीक टाइम चार से पांच साल का होता है। ऐसे में अगर खिलाड़ी को अपने भविष्य के लिए बेहतर विकल्प दिखाई देते हैं, तो वह अपने करियर को ध्यान में रखते हुए फैसला लेता है। हम उनके इस निर्णय का समर्थन करते हैं। राजस्थान टीम पर नहीं पड़ेगा ज्यादा असर आरसीए एडहॉक कमेटी के सदस्य सुशील जैन ने कहा- अशोक शर्मा और गणेश सुथार दोनों प्रतिभाशाली गेंदबाज हैं, लेकिन उनके जाने से राजस्थान क्रिकेट की ताकत कम नहीं होगी। दोनों अच्छे तेज गेंदबाज हैं, लेकिन राजस्थान के पास प्रतिभा की कोई कमी नहीं है। हमारे पास अनिकेत चौधरी और आकाश सिंह जैसे अनुभवी गेंदबाज हैं, जो किसी भी टीम को चुनौती देने की क्षमता रखते हैं। जैन ने कहा कि इस बदलाव का एक सकारात्मक पक्ष भी है कि इससे नए खिलाड़ियों के लिए मौके पैदा होंगे। चेतन शर्मा, दीपेंद्र और कई अन्य युवा खिलाड़ी राष्ट्रीय स्तर के टूर्नामेंट खेल चुके हैं। उनके पास अपनी प्रतिभा दिखाने का अच्छा मौका होगा। राजस्थान की बेंच स्ट्रेंथ काफी मजबूत है और टीम भविष्य में भी प्रतिस्पर्धी बनी रहेगी। गुजरात में ज्यादा अवसर दिखे तेज गेंदबाज अशोक शर्मा ने कहा- राजस्थान क्रिकेट से उन्हें किसी प्रकार की परेशानी नहीं थी, लेकिन करियर को आगे बढ़ाने के लिए उन्होंने गुजरात का रुख करने का निर्णय लिया। मैं राजस्थान में पूरी तरह संतुष्ट था और यहां मुझे किसी प्रकार की कोई समस्या नहीं थी। मुझे लगा कि गुजरात में मेरे लिए अधिक अवसर मौजूद हैं। इसी वजह से मैंने वहां से खेलने का फैसला किया है। पिछले साल भी गुजरात मैनेजमेंट ने मुझसे बात की थी, लेकिन तब मैं फैसला नहीं कर पाया। इस बार गुजरात क्रिकेट एसोसिएशन के अनिल पटेल से बातचीत हुई। मुझे लगा कि वहां मेरे लिए ज्यादा मौके हैं, इसलिए मैंने यह कदम उठाया। हरियाणा से नई शुरुआत करेंगे तेज गेंदबाज गणेश सुथार ने भी राजस्थान क्रिकेट एसोसिएशन से एनओसी लेने की पुष्टि की है। उन्होंने कहा- अब अपने क्रिकेट करियर की आगे की ग्रोथ और नए अवसरों के लिए मैं हरियाणा की ओर से खेलूंगा। आईपीएल और सीएसके कैंप से बनाई पहचान अशोक शर्मा और गणेश सुथार दोनों राजस्थान क्रिकेट के उभरते हुए तेज गेंदबाजों में शामिल रहे हैं। अशोक शर्मा ने पिछले घरेलू सत्र में अपनी गेंदबाजी से शानदार प्रदर्शन किया था। उनके प्रदर्शन से प्रभावित होकर उन्हें आईपीएल में गुजरात फ्रेंचाइजी ने मौका दिया था। गणेश सुथार को भी बड़ी पहचान तब मिली जब वह चेन्नई सुपर किंग्स के नेट गेंदबाज बने। सीएसके के कैंप में उनकी गेंदबाजी से कई सीनियर खिलाड़ी प्रभावित हुए थे। इसके बाद से उन्हें भविष्य के प्रतिभाशाली तेज गेंदबाजों में गिना जाने लगा। राजस्थान क्रिकेट के लिए नई चुनौती अशोक शर्मा और गणेश सुथार का दूसरे राज्यों की ओर रुख करना राजस्थान क्रिकेट के लिए एक बड़ा बदलाव है। हालांकि आरसीए का मानना है कि राज्य में प्रतिभाओं की कोई कमी नहीं है और नए खिलाड़ी इस अवसर का लाभ उठाकर अपनी पहचान बनाएंगे। अब सभी की निगाहें इस बात पर रहेंगी कि गुजरात और हरियाणा की नई टीमों में ये दोनों तेज गेंदबाज किस तरह का प्रदर्शन करते हैं और अपने करियर को किस ऊंचाई तक ले जाते हैं। वहीं राजस्थान क्रिकेट भी नए चेहरों के साथ अपनी तेज गेंदबाजी को और मजबूत करने की तैयारी में जुट गया है।
मेजबान इंग्लैंड ने विमेंस टी-20 वर्ल्ड कप में अपने अभियान की शुरुआत जीत से की है। उसने शुक्रवार रात को ओपनिंग मैच में श्रीलंका को 87 रनों से हराया। मैच से पहले ओपनिंग सेरेमनी में ब्रिटिश एक्ट्रेस एमा किंग्सटन और एक्टेस-सिंगर जिजी स्ट्रॉलेन ने परफॉर्म किया। बर्मिंघम के एजबेस्टन मैदान पर श्रीलंका ने टॉस जीतकर गेंदबाजी चुनी। इंग्लैंड ने पहले बैटिंग करते हुए 20 ओवर में एक विकेट पर 219 रन बनाए। जवाब में श्रीलंकाई टीम 20 ओवर में 10 विकेट पर 132 रन ही बना सकी। 21 साल की फ्रेया केम्प ने अपने टी-20 वर्ल्ड कप डेब्यू मैच में 4 विकेट झटके। इंग्लिश ओपनर डैनी वायट-हॉज को शतकीय पारी के लिए प्लेयर ऑफ द मैच चुना गया। मैच में खास मां बनने के बाद व्याट-हॉज का पहला शतक इंग्लिश ओपनर डैनी वायट-हॉज ने नाबाद 219 रन की शतकीय पारी खेली। उन्होंने 62 गेंदों की पारी में 13 चौके और एक छक्का लगाया। वायट-हॉज ने मां बनने के बाद पहला शतक लगाया है। 35 साल की इस सीनियर बैटर ने टी-20 इंटरनेशनल में तीसरा शतक लगाया है। उन्होंने 33वीं बॉल पर चौका लगाकर हाफ सेंचुरी पूरी की। फिर ब्राजीलियन फुटबॉलर बेबेटो के स्टाइल में 'रॉक-ए-बेबी' (बच्चे को झुलाने वाला) सेलिब्रेशन किया। उन्होंने यह शतक अपनी बेटी डेजी को समर्पित किया। वायट-हॉज 8वां टी-20 वर्ल्ड कप खेल रही हैं। इंग्लिश ओपनर्स में 135 रनों की साझेदारी, जोन्स की फिफ्टी मैच में श्रीलंका की कप्तान चमारी अट्टापटू ने टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी करने का फैसला किया था। उन्होंने कहा था कि वे यहां की कंडीशंस से पूरी तरह परिचित नहीं हैं। यहां एक दिन पहले बारिश भी हुई थी। हालांकि, यह फैसला गलत साबित हुआ। इंग्लैंड की ओपनिंग जोड़ी व्याट-हॉज और एमी जोन्स (50 रन) ने शुरुआत से आक्रामक बल्लेबाजी करते हुए 82 गेंदों पर 135 रनों की साझेदारी की। यह महिला टी-20 वर्ल्ड कप के इतिहास की तीसरी सबसे बड़ी ओपनिंग साझेदारी है। काफ इंजरी (पैर की मांसपेशियों में खिंचाव) से वापसी कर रही इंग्लैंड की कप्तान नैट साइवर-ब्रंट ने नाबाद 46 रनों की पारी खेली। 220 रन के टारगेट के सामने श्रीलंका की बैटिंग फेल 220 रन का टारगेट चेज कर रही श्रीलंकाई टीम की बैटिंग फेल रही। उसकी शुरुआत खराब रही और लगातार विकेट गिरते रहे। इंग्लैंड के सभी छह गेंदबाजों को कप्तान ने शुरुआती 9 ओवरों में आजमाया। कप्तान चमारी अथापथु बड़ी पारी नहीं खेल पाईं। उन्हें व्याट-हॉज ने डीप स्क्वायर लेग पर बाउंड्री के पास दौड़ते हुए बेहतरीन कैच पकड़कर आउट किया। फ्रेया केम्प ने 4 गेंदों में 3 विकेट लिए इंग्लैंड की बाएं हाथ की तेज गेंदबाज फ्रेया केम्प श्रीलंका के लोअर ऑर्डर (निचले क्रम) के लिए काल साबित हुईं। पीठ की चोट (स्ट्रैस फ्रैक्चर) से उबरने के बाद लौट रहीं केम्प ने शानदार प्रदर्शन किया। उन्होंने 21 रन देकर 4 विकेट चटकाए। 4 गेंदों के अंदर 3 विकेट लेकर उन्होंने श्रीलंका की बची-खुची उम्मीदें खत्म कर दीं। मैच के आखिरी ओवर में अनुभवी स्पिनर सोफी एसलस्टोन ने बाकी 2 विकेट लेकर श्रीलंका की पारी समेट दी। इस मैच के फैक्ट ----------------------------------------------------

