PV Sindhu ने हिना अकेची को हराकर French Open के फाइनल में बनाई जगह
दो बार की ओलंपिक पदक विजेता पीवी सिंधू ने शनिवार को फ्रेंच ओपन बैडमिंटन टूर्नामेंट के सेमीफाइनल में जापान की हिना अकेची पर रोकांचक जीत दर्ज की। भारतीय स्टार ने अकेची को तीन गेम तक चले रोमांचक मुकाबले में 21-10, 20-22, 21-16 से हराकर इस साल दूसरी बार सुपर 750 टूर्नामेंट के खिताबी मुकाबले में प्रवेश किया। सिंधू ने यह मुकाबला एक घंटे 13 मिनट में अपने नाम किया। इस 31 वर्षीय खिलाड़ी ने इससे पहले जुलाई में जापान ओपन सुपर 750 का खिताब जीता था। विश्व रैंकिंग में 22वें स्थान पर काबिज 21 वर्षीय अकेची ने इस सप्ताह वांग झी यी और पुतरी कुसुमा वारदानी जैसी खिलाड़ियों को हराकर अपनी क्षमता का परिचय दिया था। जापान की खिलाड़ी ने सिंधू को भी अपनी चतुराई भरे शॉट और मजबूत रक्षात्मक खेल से परेशान किया, लेकिन भारतीय खिलाड़ी निर्णायक क्षणों में अपना संयम बनाए रखने में सफल रहीं। सिंधू के सामने फाइनल में दक्षिण कोरिया की विश्व नंबर एक आन से यंग की चुनौती होगी। शुरुआती गेम में दोनों खिलाड़ियों के बीच कड़ी टक्कर देखने को मिली। स्कोर 4-4 और फिर 8-8 की बराबरी पर पहुंचा। इसके बाद सिंधू ने लय हासिल करते हुए ब्रेक तक 11-9 की बढ़त बना ली। ब्रेक के बाद भारतीय खिलाड़ी ने पूरी तरह दबदबा कायम करते हुए अंतिम 12 में से 11 अंक जीतकर महज 18 मिनट में पहला गेम 21-10 से अपने नाम कर लिया। पूर्व विश्व चैंपियन सिंधू को दूसरे गेम में शुरुआत में चार अंकों से पिछड़ रही थी लेकिन उन्होंने खेल की रफ्तार बढ़ाकर स्कोर 7-7 से बराबर कर दिया। दोनों खिलाड़ियों के बीच 10-10 तक कड़ा मुकाबला चला, जिसके बाद अकेची ने बढ़त बनानी शुरू कर दी। विश्व रैंकिंग में 11वें स्थान पर मौजूद सिंधू ने हार नहीं मानी और क्रॉस-कोर्ट स्मैश तथा चतुराई भरे रिटर्न से उन्होंने जापान की खिलाड़ी को चुनौती दी। स्कोर 14-14 तथा फिर 16-16 से बराबर किया। अकेची ने गेम प्वाइंट हासिल कर लिया। सिंधू ने लंबी रैली के बाद 20-20 की बराबरी करके उसे बचाया, लेकिन अकेची ने एक और मौका हासिल कर लिया और सिंधू के शॉट के बाहर जाने पर 22-20 से गेम जीत लिया। सिंधू ने निर्णायक गेम में 5-3 की बढ़त के साथ शुरुआत की, लेकिन अकेची ने वापसी करते हुए 6-5 से बढ़त बना ली। भारतीय खिलाड़ी ने फिर से नियंत्रण हासिल किया और मध्यांतर तक दो अंकों की बढ़त बनाए रखी। क्रॉस-कोर्ट रिटर्न और शानदार नेट शॉट से सिंधू ने अपनी बढ़त बढ़ाई, लेकिन अकेची ने नेट का शानदार इस्तेमाल करने के साथ ताकतवर स्मैश के दम पर स्कोर 15-15 कर दिया। मुकाबले का निर्णायक मोड़ 38 शॉट तक चली रैली में आया, जिसका अंत अकेची की नेट पर हुई गलती से हुआ। इससे सिंधू को 18-16 की बढ़त मिल गई। इसके बाद भारतीय खिलाड़ी ने बेहतरीन नेट शॉट लगाकर जीत की ओर कदम बढ़ाए। अकेची के शॉट बाहर जाने से सिंधू को चार मैच प्वाइंट मिले। उन्होंने क्रॉस-कोर्ट स्मैश लगाकर मुकाबले पर मुहर लगा दी।
दूसरे टी-20 मुकाबले में तिलक वर्मा और नीतीश कुमार रेड्डी ने मिलकर टीम इंडिया को 4 विकेट से रोमांचक जीत दिला दी।
एसीसी मेंस एशिया कप 'राइजिंग स्टार्स' टूर्नामेंट में भारत 'ए' को पाकिस्तान 'ए' के साथ 'ग्रुप बी' में रखा गया है। यह टूर्नामेंट 19 से 29 नवंबर तक दोहा में आयोजित होगा। इस ग्रुप में नेपाल और संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) भी शामिल हैं।
भारत बनाम न्यूजीलैंड: तिलक-नितीश की जोड़ी के बीच 69 रन की अटूट साझेदारी ,रिकॉर्ड बुक में नाम दर्ज
भारत ने तिलक वर्मा और नितीश रेड्डी की 69 रनों की अटूट साझेदारी के दम पर न्यूजीलैंड के खिलाफ शनिवार को टी20 सीरीज के दूसरे मुकाबले में 4 विकेट से रोमांचक जीत दर्ज की। यह फुल मेंबर देश की तरफ से टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में सफल रन-चेज के दौरान 7वें विकेट के लिए संयुक्त रूप से दूसरे सबसे बड़ी साझेदारी का रिकॉर्ड है।
साल दर साल छाई अर्शदीप की आंधी, T20I में एक साल में सबसे ज्यादा विकेट लेने वाले बने भारतीय गेंदबाज
भारतीय क्रिकेट टीम के तेज गेंदबाज अर्शदीप सिंह ने न्यूजीलैंड के खिलाफ टी20 सीरीज के दूसरे मुकाबले में जब अपना दूसरा विकेट लिया उसी के साथ वह टी20 इंटरनेशनल में एक साल में सबसे ज्यादा विकेट लेने वाले भारतीय गेंदबाज बन गए।
न्यूजीलैंड : कैलेंडर ईयर में सर्वाधिक कैच पकड़ने वाले खिलाड़ी बने
क्राइस्टचर्च, भारत और न्यूजीलैंड के बीच दूसरा टी20 इंटरनेशनल मुकाबला न्यूजीलैंड के हेगले ओवल के मैदान पर खेला जा रहा है। भारतीय टी20 टीम के उपकप्तान तिलक वर्मा ने इस मुकाबले में दो कैच लेने के साथ ही खास मुकाम हासिल कर लिया है।
अगले साल होने वाले एकदिवसीय विश्वकप के लिहाज से यह सीरीज काफी महत्वपूर्ण मानी जा रही है।
ऑस्ट्रेलिया : दक्षिण अफ्रीका को लगा बड़ा झटका
केपटाउन, ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ केपटाउन में खेले जाने वाले तीसरे टेस्ट से पहले दक्षिण अफ्रीका को बड़ा झटरका लगा है। दाएं हाथ के तेज गेंदबाज एनरिक नोर्त्जे इंजरी के कारण इस निर्णायक मैच से बाहर हो गए हैं। क्रिकेट साउथ अफ्रीका (सीएसए) ने उनकी जगह किसी और को टीम में शामिल नहीं करने का फैसला किया है।
भारत के स्टार फुटबॉलर हलीचरण नारजारी 'असम गौरव पुरस्कार' के लिए चयनित
असम सरकार द्वारा घोषित प्रतिष्ठित 'असम गौरव' पुरस्कार के लिए भारतीय फुटबॉल टीम के स्टार खिलाड़ी हलीचरण नारजारी को चुना गया है। खेल जगत में उनके उल्लेखनीय योगदान के लिए सरकार ने उन्हें इस सम्मान से अलंकृत किया है।
Glenn Phillips और जैकब्स के अर्धशतक से New Zealand ने भारत के सामने बनाए 180 रन
भारतीय गेंदबाजों ने पहले मैच की तुलना में बेहतर प्रदर्शन किया लेकिन ग्लेन फिलिप्स (70) और बेवोन जैकब्स (56) के अर्धशतकों के दम पर न्यूजीलैंड ने शनिवार को यहां दूसरे टी20 अंतरराष्ट्रीय मैच में पांच विकेट पर 180 रन का स्कोर खड़ा किया। फिलिप्स ने 43 गेंद में चार छक्कों और चार चौकों जड़ित तूफानी पारी खेली जबकि जैकब्स ने 46 गेंद पर 58 रन बनाए जिसमें पांच चौके और एक छक्का शामिल है। दोनों बल्लेबाजों ने चौथे विकेट के लिए 116 रन की साझेदारी करके न्यूजीलैंड की पारी को संभाला। भारतीय गेंदबाजों के शुरुआती विकेट झटकने से मेहमान टीम छठे ओवर में 41 रन पर तीन विकेट गंवा चुकी थी। इसके बाद फिलिप्स और जैकब्स ने संयम के साथ बल्लेबाजी करते हुए पारी को मजबूती दी और अंतिम ओवरों में रन गति बढ़ाई। भारत को दूसरी ही ओवर में पहली सफलता मिली, जब अर्शदीप सिंह ने टिम सिफर्ट (07) को आउट कर दिया। इसके बाद प्रिंस यादव ने फिन एलेन को 16 रन के निजी स्कोर पर पवेलियन भेजा जबकि भुवनेश्वर कुमार ने डेरिल मिचेल (06) का विकेट हासिल किया। इस तरह तीसरे ओवर के खत्म होने से पहले न्यूजीलैंड की टीम 18 रन पर दो विकेट गंवाकर संघर्ष कर रही थी। छठे ओवर में एलेन के आउट होने के बाद न्यूजीलैंड का स्कोर तीन विकेट पर 41 रन हो गया। अब जिम्मेदारी फिलिप्स और जैकब्स पर आ गई। दोनों बल्लेबाजों ने अहम साझेदारी करते हुए 14वें ओवर में न्यूजीलैंड को 100 रन के पार पहुंचाया और बड़ा स्कोर बनाने की नींव रखी। फिलिप्स ने 33 गेंद में तीन चौके और तीन छक्के से अपना अर्धशतक पूरा किया। वहीं जैकब्स ने भी फिलिप्स का बखूबी साथ निभाया और 40 गेंद में अपना अर्धशतक लगाया। दोनों बल्लेबाजों ने चौथे विकेट के लिए 69 गेंद में 100 रन की साझेदारी कर ली थी। शुरुआती झटकों के बाद दोनों ने बेहतरीन तालमेल दिखाया। लेकिन 18वें ओवर में अर्शदीप की गेंद पर फिलिप्स की पारी समाप्त हुई और उनका कैच नमन धीर ने लपका जिससे 157 रन की साझेदारी का भी अंत हो गया। फिर कुछ ही देर बाद जैकब्स भी आउट हो गए जिन्हें नीतिश कुमार रेड्डी ने पवेलियन भेजा। इससे न्यूजीलैंड का स्कोर पांच विकेट पर 165 रन हो गया। भारत के लिए अर्शदीप सबसे सफल गेंदबाज रहे जिन्होंने अपने चार ओवरों में 33 रन देकर दो विकेट लिए। प्रिंस यादव ने 30 रन देकर एक विकेट और भुवनेश्वर ने 50 रन देकर एक विकेट लिया। अक्षर पटेल ने किफायती गेंदबाजी करते हुए अपने चार ओवरों में केवल 28 रन दिए, हालांकि उन्हें कोई विकेट नहीं मिला। नीतिश रेड्डी ने तीन ओवरों में 31 रन देकर एक विकेट हासिल किया। अंतिम ओवरों में माइकल ब्रेसवेल ने तेज बल्लेबाजी करते हुए एक चौका और एक छक्का लगाया। इससे न्यूजीलैंड ने आखिरी दो ओवरों में 23 रन जोड़े और पांच विकेट पर 180 रन के सम्मानजनक स्कोर के साथ अपनी पारी समाप्त की।
रीमा मल्होत्रा : डब्ल्यूपीएल में सुषमा वर्मा के लिए बड़ी बोली लगानी चाहिए
नई दिल्ली, भारत की पूर्व क्रिकेटर रीमा मल्होत्रा का मानना है कि मुंबई इंडियंस को आने वाली विमेंस प्रीमियर लीग (डब्ल्यूपीएल) 2027 के ऑक्शन में विकेटकीपर-बैटर सुषमा वर्मा को टारगेट करना चाहिए ताकि टॉप ऑर्डर में उनकी चिंताओं को दूर किया जा सके।
अर्शदीप सिंह ने रचा इतिहास, एक कैलेंडर ईयर में सर्वाधिक विकेट लेने वाले भारतीय गेंदबाज बने
भारत और न्यूजीलैंड के बीच पांच मैचों की टी20 सीरीज का दूसरा मुकाबला हेगले ओवल के मैदान पर खेला जा रहा है। पहले बल्लेबाजी करते हुए न्यूजीलैंड ने 5 विकेट खोकर 180 रन बनाए। अर्शदीप सिंह ने इस मुकाबले में दो विकेट लेने के साथ ही इतिहास रच दिया है।
IND vs NZ 2nd T20 Live: अभिषेक शर्मा को मिला बड़ा जीवनदान! नो-बॉल पर कैच आउट होने से बचे, 181 रन के लक्ष्य का पीछा करने उतरी टीम इंडिया
ग्लेन फिलिप्स : बेहतरीन मैच दर्शकों को स्टेडियम में वापस लाते हैं
क्राइस्टचर्च, न्यूजीलैंड के ऑलराउंडर ग्लेन फिलिप्स ने भारत के खिलाफ खेले गए पहले टी20 मैच को एक शानदार मैच बताया। न्यूजीलैंड इस मैच में 225 रन बनाकर भी हार गई थी।
तिलक वर्मा ने दूसरे टी20 में रचा इतिहास, तोड़ा इंडोनेशिया के खिलाड़ी का वर्ल्ड रिकॉर्ड
तिलक वर्मा ने भारत और न्यूजीलैंड के बीच खेले गए दूसरे टी20 मैच में दो शानदार कैच पकड़कर एक बड़ा वर्ल्ड रिकॉर्ड अपने नाम कर लिया है। इस मामले में उन्होंने इंडोनेशिया के खिलाड़ी का रिकॉर्ड तोड़ा है।
साउथ अफ्रीका के तेज गेंदबाज एनरिक नॉर्त्या ग्रोइन इंजरी के कारण ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ तीसरे टेस्ट से बाहर हो गए हैं। साउथ अफ्रीका और ऑस्ट्रेलिया के बीच तीसरा टेस्ट 27 अक्टूबर से केपटाउन में खेला जाएगा। मेजबान टीम ने नॉर्त्या को छोड़कर बाकी टीम में कोई बदलाव नहीं किया है। नॉर्त्या को गेकेबरहा टेस्ट में चोट लगी थी। उन्होंने पहली पारी में केवल 3.3 ओवर गेंदबाजी की और मैदान से बाहर चले गए। दोनों टीमें 3 मैचों की सीरीज में 1-1 से बराबरी पर हैं। तीसरे टेस्ट के लिए साउथ अफ्रीकी टीम साउथ अफ्रीका की तीसरे टेस्ट के लिए टीम में टेम्बा बावुमा (कप्तान), मार्क्स एकरमैन, डेविड बेडिंघम, कॉर्बिन बॉश, मैथ्यू ब्रीट्जके, गेराल्ड कोएत्जी, साइमन हार्मर, मार्को यानसन, केशव महाराज, एडेन मार्करम, वियान मुल्डर, सेनुरान मुथुसामी, डेन पैटरसन, कगिसो रबाडा, रयान रिकेल्टन और काइल वेरेन शामिल हैं। नॉर्त्या की जगह कॉर्बिन बॉश, गेराल्ड कोएत्जी या डेन पैटरसन में से किसी एक को मौका मिल सकता है। स्पिन और विकेटकीपर का विकल्प दक्षिण अफ्रीका के पास बाएं हाथ के स्पिनर केशव महाराज का विकल्प भी है। गेकेबरहा टेस्ट में साइमन हार्मर को अकेले स्पिनर के तौर पर बरकरार रखा गया था और महाराज को बाहर रखा गया था। काइल वेरेन को बैकअप विकेटकीपर के तौर पर टीम में बरकरार रखा गया है। उन्हें दूसरे टेस्ट से बाहर किया गया था। दूसरे टेस्ट में रयान रिकेल्टन ने विकेटकीपिंग की थी और बल्लेबाजी क्रम में नीचे उतरे थे। सीरीज 1-1 से बराबर है। दोनों टीमें 27 से 31 अक्टूबर तक न्यूlands में तीसरे और निर्णायक टेस्ट में आमने-सामने होंगी।
भारत : 17 सदस्यीय पुरुष टीम का ऐलान
नई दिल्ली, भारत ने दूसरे पुरुष ब्लाइंड क्रिकेट एशिया कप के लिए 17 सदस्यीय टीम की घोषणा की है। यह टूर्नामेंट 15 से 20 नवंबर तक बांग्लादेश के ढाका में आयोजित होगा। मौजूदा चैंपियन भारत, एक दशक के लंबे अंतराल के बाद हो रहे इस टूर्नामेंट में अपना खिताब का बचाव करने उतरेगा।
भुवनेश्वर कुमार : भारतीय टीम में वापस आने की उम्मीद के बिना मेहनत किया
नई दिल्ली, दाएं हाथ के तेज गेंदबाज भुवनेश्वर कुमार ने 4 साल बाद भारतीय टीम में वापसी की है। भुवनेश्वर ने कहा है कि खुद से कोई उम्मीद न रखने और अपने काम पर फोकस करने की वजह से नेशनल टीम से दूर रहने के बावजूद उनकी तैयारियों पर कभी कोई असर नहीं पड़ा।
भारत ने टॉस जीतकर चुनी गेंदबाजी: दूसरा टी20
क्राइस्टचर्च, भारत ने न्यूजीलैंड के खिलाफ दूसरे टी20 में टॉस जीतकर गेंदबाजी का फैसला लिया है।
प्रतिका रावल ने निभाई भारतीय टीम की जीत में अहम भूमिका
नई दिल्ली, जिम्बाब्वे महिला क्रिकेट टीम के खिलाफ शुक्रवार को खेले गए पहले वनडे मुकाबले में प्रतिका रावल ने भारतीय टीम की जीत में अहम भूमिका निभाई।
Silicon Valley Open Squash सेमीफाइनल में हारीं Anahat Singh, Subramaniam जीतीं
शनिवार को रेडवुड सिटी (USA) में चल रहे 2026 सिलिकॉन वैली ओपन में भारत की युवा स्क्वैश स्टार अनाहत सिंह का सफर खत्म हो गया। 18 वर्षीय अनाहत को सेमीफाइनल मुकाबले में मलेशिया की शिवसंगरी सुब्रमण्यम के हाथों हार का सामना करना पड़ा। अनाहत ने मुकाबले की अच्छी शुरुआत की और पहला गेम 11-5 से जीत लिया, जिससे उलटफेर की उम्मीदें जाग गईं। हालांकि, तीसरी वरीयता प्राप्त सुब्रमण्यम ने शानदार वापसी की और अगले तीन गेम आसानी से जीत लिए: 11-6, 11-4, 11-7। सुब्रमण्यम ने हाल ही में आइची-नागोया एशियाई खेलों के स्वर्ण पदक मुकाबले में भी अनाहत को हराया था। इसे भी पढ़ें: US में पकड़ा गया मोस्ट वांटेड हिमांशु भाऊ, डिपोर्टेशन की तैयारी में Haryana STF सेमीफाइनल में हारने के बावजूद, रेडवुड सिटी में अनाहत का टूर्नामेंट शानदार रहा। उन्होंने मिस्र की स्टार खिलाड़ियों के खिलाफ दो बड़ी जीत दर्ज कीं। सबसे पहले, उन्होंने क्वार्टर फाइनल में पहुंचने के लिए दुनिया की नंबर तीन खिलाड़ी और टॉप सीड नूर अल शेरबिनी को हराया। सबसे खास बात यह रही कि उन्होंने आठ बार की विश्व चैंपियन को लगातार गेमों में 11-8, 11-8, 11-7 से हरा दिया। इसके बाद, छठी सीड सलमा हनी के खिलाफ अपने अगले मुकाबले में, अनाहत ने बेहतरीन जज्बा दिखाया। वह दो बार पिछड़ने के बाद वापसी करते हुए 4-11, 11-8, 4-11, 11-2, 11-5 से मैच जीतने में सफल रहीं। आखिरी दो गेमों में उन्होंने जिस तरह से अपना खेल और बेहतर किया, वह वाकई काबिले तारीफ था। अनाहत ने इस टूर्नामेंट से बहुत कुछ सीखा है, और आगे चलकर वह एक कहीं बेहतर खिलाड़ी बन सकती हैं। एल शेरबिनी को हराने के बाद उन्होंने कहा था कि उन्हें स्क्वैश की दुनिया की इतनी बड़ी खिलाड़ी के खिलाफ इतने आसान मैच की उम्मीद नहीं थी। मैच से पहले, भारत के नेशनल कोच मेरे साथ थे। उन्होंने मुझसे कहा कि अगर मैं बहुत अच्छा खेलूं, तो मेरे पास जीतने का पूरा मौका है। मैंने उन्हें खेलते हुए देखकर ही अपना सफर तय किया है। हमारे कोच भी एक ही हैं - ग्रेग। मैं उनकी बहुत इज्जत करती हूं और अपने करियर में वैसी ही उपलब्धियां हासिल करना चाहती हूं, जैसी उन्होंने की हैं। इसे भी पढ़ें: CISF में Constable और Head Constable स्तर पर 450 खिलाड़ियों की होगी भर्ती उन्होंने कहा कि वह स्क्वैश के सभी खिलाड़ियों के लिए एक प्रेरणा हैं। मुझे उम्मीद नहीं थी कि मैच इस तरह से जाएगा। मुझे लगा था कि मुझे लय में आने और उनके खेल को समझने में थोड़ा समय लगेगा। लेकिन मेरा गेम प्लान बहुत अच्छे से काम कर गया, और मैं उसी पर टिकी रही। मुझे अभी भी यकीन नहीं हो रहा है कि जीत मेरे पक्ष में रही। मुझे खुशी है कि मैं यह मैच जीतने में कामयाब रही।
वैभव सूर्यवंशी को मिला प्लेइंग XI में मौका, लेकिन नहीं करेंगे ओपनिंग, कप्तान ने किया साफ
न्यूजीलैंड के खिलाफ दूसरे टी20 मैच के लिए टीम इंडिया की प्लेइंग XI में दो बदलाव किए गए हैं। 15 साल के युवा बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी को इस मैच में खेलने का मौका मिला है।
IPL 2027: कीरोन पोलार्ड को मुंबई इंडियंस में मिली बड़ी जिम्मदारी, अब संभालेंगे ये बड़ा पद
इंटरनेट डेस्क। आईपीएल के शुरू होने में अभी समय हैं, लेकिन लगातार टीमों में कुछ ना कुछ नया देखने को मिल रहा है। अब मुंबई इंडियंस में बड़ा बदलाव हुआ हैं। मुंबई इंडियंस ने कीरोन पोलार्ड को टीम का नया हेड कोच नियुक्त किया है। पांच आईपीएल खिताब जीतने वाली मुंबई की टीम का अहम हिस्सा रहे पोलार्ड अब कोच के तौर पर फ्रेंचाइजी की कमान संभालेंगे। मुंबई इंडियंस ने बड़ा ऐलान किया है, फ्रेंचाइजी ने कीरोन पोलार्ड को हेड कोच की जिम्मेदारी सौंपी है, वह महेला जयवर्धने की जगह यह भूमिका निभाएंगे। पोलार्ड मुंबई इंडियंस के साथ खिलाड़ी के तौर पर पांच आईपीएल खिताब जीतने वाली टीम का हिस्सा रहे हैं। मुंबई इंडियंस ने अपने ऐलान में कहा कि पोलार्ड की नियुक्ति खिलाड़ी से कोच तक के लंबे और मजबूत रिश्ते को आगे बढ़ाती है। उन्हें टीम के कल्चर, काम करने के तरीके और टॉप लेवल पर मुकाबला करने की जरूरतों की गहरी समझ है। pc- mumbaiindians.com
India Women की नजरें Vadodara में Zimbabwe के खिलाफ दूसरा वनडे जीतकर सीरीज सील करने पर
आत्मविश्वास से ओतप्रोत भारतीय महिला क्रिकेट टीम जिम्बाब्वे के खिलाफ रविवार को यहां दूसरे वनडे में उतरेगी तो उसका इरादा श्रृंखला में 2 . 0 से अजेय बढत बनाने पर लगी होंगी। टी20 श्रृंखला 3 . 0 से जीतने के बाद भारत ने पहले वनडे में जिम्बाब्वे को नौ विकेट से हराया। स्पिनर श्रीचरणी ने कैरियर का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करते हुए 23 रन देकर चार विकेट लिये जबकि प्रतिका रावल ने नाबाद 100 रन बनाये। पिच से मदद नहीं मिलने के बावजूद चरणी ने बेहद अनुशासित गेंदबाजी की। तेज गेंदबाज क्रांति गौड़ ने भी तीन विकेट लिये जिसकी मदद से भारत ने जिम्बाब्वे को 197 रन पर आउट कर दिया और 22 ओवर बाकी रहते लक्ष्य हासिल कर लिया। टीम संयोजन पर काम कर रहे भारतीय टीम प्रबंधन के लिये प्रतिका की पारी राहत की बात रही जिन्होंने बेहद आक्रामक बल्लेबाजी की। उन्होंने कप्तान स्मृति मंधाना के साथ पहले विकेट के लिये 94 रन जोड़े और प्रति ओवर दस की औसत से रन बनाये। भारत को अपनी फील्डिंग पर काम करना होगा क्योंकि जिम्बाब्बे की पारी की शुरूआत में दो कैच छूटे थे। जिम्बाब्वे के बल्लेबाजों ने धैर्य से काम किया लेकिन बीच के ओवरों में साझेदारी नहीं बन सकी जिस पर उन्हें काम करना होगा। चिपो मुगेरी तिरिपानो और माडेस्टर मुपाचिकवा जीवनदान का फायदा उठाने में नाकाम रहीं। शेरने मायेर्स ने अभी तक नाबाद 43, 9, 60 और आठ रन बनाये हैं जिनसे बेहतर प्रदर्शन की उम्मीद होगी। 17 वर्ष की बीलवड बिजा का फॉर्म अहम होगा जिन्होंने पिछले दो मैचों में चार और 62 रन बनाये हैं। मिचेले मावुंगा ने 23 गेंद में 29 रन बनाये जिसमें तीन चौके और एक छक्का शामिल था। वह इस लय को कायम रखकर बड़ी पारी खेलना चाहेंगी। टीमें :भारत: स्मृति मंधाना (कप्तान), यास्तिका भाटिया (विकेटकीपर), हरलीन देयोल, ऋचा घोष (विकेटकीपर), प्रतिका रावल, तेजल हसब्निस, दीप्ति शर्मा (उपकप्तान), हरमनप्रीत कौर, सयाली सतघरे, शेफाली वर्मा, क्रांति गौड़, रेणुका सिंह ठाकुर, नंदनी शर्मा, श्री चरणी, वैष्णवी शर्मा। जिम्बाब्वे: जोसेफिन नकोमो (कप्तान), चिएद्ज़ा धुरुरू (विकेटकीपर), शार्ने मेयर्स, मोडेस्टर मुपाचिक्वा (विकेटकीपर), बिलव्ड बीज़ा, न्याशा ग्वांज़ुरा, मिशेल मावुंगा, चिपो मुगेरी-तिरिपानो, केलिस नधलोवु, ओलिन्दर चारे, कुदज़ई चिगोरा, फ्रांसिस्का चिपारे, तेंडाई मकुशा, लोरिन फिरी, नोमवेलो सिबांडा। मैच भारतीय समयानुसार दोपहर 2:00 बजे शुरू होगा।
IND vs NZ: दूसरे T-20 से पहले भारत को झटका, ईशान किशन मैच से बाहर, टीम के नाम दर्ज होगी ये उपलब्धि
इंटरनेट डेस्क। न्यूजीलैंड के खिलाफ दूसरे टी20 से पहले भारतीय टीम को बड़ा झटका लगा है। विकेटकीपर-बल्लेबाज ईशान किशन चोट की वजह से दूसरे टी20 में नहीं खेलेंगे। ईशान किशन के दूसरे टी20 में नहीं खेलने की जानकारी भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (बीसीसीआई) ने अपने सोशल मीडिया पेज के माध्यम से दी है। बीसीसीआई ने शुक्रवार की सुबह अपने आधिकारिक एक्स अकाउंट पर लिखा, “ईशान किशन न्यूजीलैंड के खिलाफ दूसरे टी20 से लो-ग्रेड राइट एडिक्टर स्ट्रेन की वजह से बाहर हो गए हैं। उन्हें सीरीज के पहले टी20 मैच के दौरान चोट लगी। बीसीसीआई की मेडिकल टीम ईशान पर नजर रख रही है। इसके साथ ही भारत के नाम एक उपलब्धि भी दर्ज होगी। भारत का ये 300वां टी-20 मैच होगा। ईशान की जगह दूसरे मैच के लिए भारतीय टीम में झारखंड के बल्लेबाज कुमार कुशाग्र को स्क्वॉड में शामिल किया गया है। मैच में टीम इंडिया के नाम भी एक बड़ी उपलब्धि दर्ज होगी। टीम ये उपलब्धि हासिल करने वाली दुनिया की दूसरी टीम बनेगी। पाकिस्तान 304 मैचों के साथ पहले स्थान पर है। वहीं भारत को अगर मैच में जीत मिलती है है तो वह 200 टी-20 जीतने वाला पहला देश बन जाएगा। PC- jansatta
सिलिकॉन वैली ओपन: अनाहत सिंह का सेमीफाइनल में सफर हुआ समाप्त, मलयेशिया की शिवसांगरी से मिली हार
भारत की अनाहत सिंह सिलिकॉन वैली स्क्वाश टूर्नामेंट के सेमीफाइनल में दुनिया की चौथे नंबर की खिलाड़ी मलयेशिया की शिवसांगरी सुब्रहमण्यम से हारकर बाहर हो गईं।
रेडवुड सिटी, सिलिकॉन वैली ओपन के सेमीफाइनल में मलेशिया की शिवसांगरी सुब्रमण्यम से हारकर भारतीय स्टार अनाहत सिंह का सफर समाप्त हो गया। अनाहत को शिवसांगरी से 1-3 से हार का सामना करना पड़ा।
Mumbai Indians: काइरन पोलार्ड बने मुंबई इंडियंस के नए हेड कोच, IPL 2027 से संभालेंगे जिम्मेदारी
काइरन पोलार्ड ने मुंबई इंडियंस के लिए एक खिलाड़ी के तौर पर शानदार आंकड़े दर्ज किए। उन्होंने IPL में कुल 189 मुकाबले खेले और 147.32 के स्ट्राइक रेट से 3,412 रन बनाए। इसके अलावा उन्होंने गेंदबाजी में भी योगदान देते हुए 69 विकेट हासिल किए।
Kieron Pollard बने Mumbai Indians के नए हेड कोच, IPL 2027 से संभालेंगे जिम्मेदारी
पांच बार की चैम्पियन मुंबई इंडियंस ने आईपीएल 2027 सत्र से पहले वेस्टइंडीज के पूर्व हरफनमौला कीरोन पोलार्ड को टीम का मुख्य कोच बनाया है। पोलार्ड पिछले कुछ सत्र से टीम के बल्लेबाजी कोच थे। वह महेला जयवर्धने के जाने के बाद मुख्य कोच का पद संभालेंगे। मुंबई इंडियंस ने एक बयान में कहा ,‘‘ मुंबई इंडियंस को यह बताते हुए हर्ष हो रहा है कि कीरोन पोलार्ड टीम के मुख्य कोच होंगे। यह टीम की विरासत बनाने के प्रति मुंबई इंडियंस की प्रतिबद्धता का परिचायक है। हम मैदान पर और उसके बाहर प्रतिभाओं के विकास और अपनी टीम संस्कृति मजबूत करने के लिये काम करते रहेंगे।’’इसमें आगे कहा गया ,‘‘ उनका नेतृत्व मुंबई इंडियंस के सबसे सफल वर्षों का हिस्सा रहने के अनुभव पर आधारित होगा और साथ ही इसमें टीम के अगले अध्याय को आकार देने की महत्वाकांक्षा भी शामिल होगी।’’मुंबई आईपीएल की सबसे सफल टीमों में से है लेकिन आखिरी बार 2020 में खिताब जीता था। पोलार्ड ने टीम द्वारा जारी बयान में कहा ,‘‘ मुंबई इंडियंस मेरे जीवन और कैरियर का बड़ा हिस्सा रही है। टीम, खिलाड़ियों और पल्टन के साथ मेरा लगाव मेरे लिये काफी मायने रखता है।’’उन्होंने कहा ,‘‘ एक खिलाड़ी और एक कोच के तौर पर सफर का अनुभव करने के बाद मैं समझ गया हूं कि मुंबई इंडियंस क्या है और उसके साथ जुड़ने की जिम्मेदारियां क्या है।’’पोलार्ड ने 2009 . 2010 से मुंबई के लिये ही आईपीएल खेला और आखिरी बार वह 2022 में खेले। मुंबई के लिये 189 आईपीएल मैचों में उन्होंने 147 . 32 की स्ट्राइक रेट से 3412 रन बनाये। इसके अलावा 69 विकेट भी लिये।
IND vs NZ Live 2nd T20: टीम इंडिया की नजरें लगातार दूसरी जीत पर, क्या वैभव सूर्यवंशी को मिलेगा मौका?
भारत और न्यूजीलैंड के बीच पांच मैचों की टी20 सीरीज का दूसरा मुकाबला शनिवार को क्राइस्टचर्च में खेला जाएगा। इसी मैदान पर खेले गए पहले टी20 मैच में टीम इंडिया ने 4 विकेट से रोमांचक जीत दर्ज की थी।
IND vs NZ 2nd T20: चोट के कारण ईशान किशन बाहर, कुमार कुशाग्र को मिला मौका; जानें भारत की नई टीम
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दिग्गज फुटबॉलर लियोनेल मेसी को स्पेन का सबसे प्रतिष्ठित खेल सम्मान प्रिंसेस ऑफ ऑस्टुरियस अवॉर्ड दिया गया। मेसी को स्पेन की राजकुमारी लियोनोर ने यह अवॉर्ड दिया। लियोनोर स्पेन के सिंहासन की उत्तराधिकारी हैं और उन्हीं के नाम पर ये पुरस्कार दिए जाते हैं। अर्जेंटीना के 39 साल के फॉरवर्ड को जून में इस पुरस्कार का विजेता चुना गया था। जूरी ने उन्हें शानदार करियर और वंचित बच्चों के स्वास्थ्य-शिक्षा में मदद के लिए दिया गया। ब्रिटिश लेखक जूलियन बार्न्स, अमेरिकी अंतरिक्ष यात्री क्रिस्टीना कोच और पंक स्टार पैटी स्मिथ समेत अन्य विजेताओं को भी पुरस्कार मिला। फैंस अर्जेंटीना की जर्सी पहनकर समारोह में पहुंचे दर्जनों प्रशंसक अर्जेंटीना की फुटबॉल जर्सी पहनकर समारोह में पहुंचे। मेसी के आने पर उन्होंने उनका नाम लेकर नारे लगाए। समारोह में बैगपाइप और ड्रम बजाए गए। मेसी को पुरस्कार के साथ पार्चमेंट पर लिखा औपचारिक प्रमाणपत्र दिया गया। लियोनोर ने उनके अनूठे करियर की तारीफ की। उन्होंने कहा, ‘मेसी ने खेल को समझकर और एक सेकंड के छोटे हिस्से में सबसे असरदार विकल्प चुनकर असाधारण को सामान्य बना दिया। उन्होंने अपने अहंकार से ऊपर टीम भावना को रखा।’ मेसी ने आठ बॉलोन डीओर जीते मेसी को फुटबॉल इतिहास के महानतम खिलाड़ियों में गिना जाता है। उन्होंने आठ बॉलोन डी’ओर खिताब, एक विश्व कप और क्लब स्तर पर दर्जनों ट्रॉफियां जीती हैं। मेसी अर्जेंटीना के सबसे ज्यादा गोल करने वाले, सबसे ज्यादा असिस्ट देने वाले और सबसे ज्यादा मैच खेलने वाले खिलाड़ी हैं। उन्होंने इस साल की शुरुआत में अंतरराष्ट्रीय फुटबॉल करियर को विराम दिया। उन्होंने न्यू जर्सी में स्पेन के खिलाफ विश्व कप फाइनल हारने के बाद यह फैसला लिया। उन्होंने 31 अगस्त को एक सोशल पोस्ट के जरिए इंटरनेशनल फुटबॉल से संन्यास का ऐलान किया। 1981 में शुरू हुआ अवॉर्ड प्रिंसेस ऑफ ऑस्टुरियस अवॉर्ड्स की शुरुआत 1981 में हुई थी। इन्हें स्पेनिश भाषी दुनिया के सबसे प्रतिष्ठित पुरस्कारों में माना जाता है। इसमें 50 हजार यूरो यानी 56 हजार डॉलर की राशि दी जाती है। पुरस्कार कला, विज्ञान और खेल समेत कई क्षेत्रों में दिए जाते हैं। खेल पुरस्कार जीतने वालों में टेनिस खिलाड़ी सेरेना विलियम्स और राफेल नडाल शामिल हैं। मैराथन रिकॉर्डधारी एलियुड किपचोगे और अमेरिकी स्की खिलाड़ी लिंडसे वॉन भी इसके पिछले विजेता रहे हैं। ---------------------------------------------- स्पोर्ट्स की यह खबर भी पढ़िए… अमन सहरावत और अंतिम पंघाल वर्ल्ड कुश्ती चैंपियनशिप से हटे, सुजीत कलकल करेंगे भारतीय दल की अगुवाई एशियन गेम्स के गोल्ड मेडलिस्ट अमन सहरावत और सिल्वर मेडलिस्ट अंतिम पंघाल ने वर्ल्ड कुश्ती चैंपियनशिप से हटने का फैसला किया है। शनिवार से कजाकिस्तान की राजधानी अस्ताना में शुरू हो रही चैंपियनशिप में अब एशियन गेम्स के गोल्ड मेडलिस्ट सुजीत कलकल भारतीय दल की अगुवाई करेंगे। पढ़ें पूरी खबर
वेस्टइंडीज के दिग्गज क्रिकेटर किरोन पोलार्ड IPL 2027 के लिए मुंबई इंडियंस के हेड कोच बनाए गए हैं। फ्रेंचाइजी ने शनिवार, 24 अक्टूबर को इसकी घोषणा की। 39 साल के पोलार्ड पिछले 16 साल से मुंबई की टीम से जुड़े हुए हैं। वे 2009-2010 में टीम से जुड़े थे और 2022 तक सिर्फ मुंबई इंडियंस के लिए खेलते रहे। उन्होंने टीम की ओर से 5 IPL टाइटल जीते हैं। मुंबई ने इस पोस्ट के जरिए पोलार्ड को कोच बनाने का ऐलान किया… जयवर्धने की जगह लेंगे पोलार्ड पोलार्ड श्रीलंका के महेला जयवर्धने की जगह लेंगे। महेला जयवर्धने ने 17 अक्टूबर को हेड कोच का पद छोड़ दिया था। मुंबई इंडियंस ने कहा कि पोलार्ड की नियुक्ति टीम की विरासत को आगे बढ़ाने के लिए है। वे टीम के बैटिंग कोच भी रह चुके हैं। IPL में केवल मुंबई के लिए खेले पोलार्ड पोलार्ड ने 2022 में अपना आखिरी IPL मैच खेला था। उन्होंने मुंबई के लिए 189 IPL मैचों में पोलार्ड ने 3,412 रन बनाए। पोलार्ड का स्ट्राइक रेट 147.32 और औसत 28.67 रहा। उन्होंने 16 अर्धशतक लगाए। पोलार्ड ने 69 विकेट भी लिए। 2020 के बाद खिताब का इंतजार मुंबई को पिछले 6 साल से टाइटल का इंतजार है। टीम ने पिछला खिताब 2020 में जीता था। 2026 के सीजन में हार्दिक पंड्या की कप्तानी में टीम 6वें स्थान पर रही थी। -------------------------------------
एशियन गेम्स के गोल्ड मेडलिस्ट अमन सहरावत और सिल्वर मेडलिस्ट अंतिम पंघाल ने वर्ल्ड कुश्ती चैंपियनशिप से हटने का फैसला किया है। शनिवार से कजाकिस्तान की राजधानी अस्ताना में शुरू हो रही चैंपियनशिप में अब एशियन गेम्स के गोल्ड मेडलिस्ट सुजीत कलकल भारतीय दल की अगुवाई करेंगे। सुजीत पुरुषों के 65Kg फ्रीस्टाइल वर्ग में उतरेंगे। अंतिम की जगह 53 किग्रा महिला वर्ग में निशू और अमन की जगह 57 Kg पुरुष फ्रीस्टाइल वर्ग में राहुल भारत का प्रतिनिधित्व करेंगे। रेसलिंग फेडरेशन ऑफ इंडिया (WFI) ने एशियन गेम्स में हिस्सा लेने वाले पहलवानों और पहले हुए वर्ल्ड चैंपियनशिप ट्रायल के विजेताओं के बीच अंतिम ट्रायल कराने का फैसला किया था। हालांकि, अमन और अंतिम ने ट्रायल में हिस्सा नहीं लिया। अंतिम 53 Kg बजाय 55 Kg में उतरना चाहती थीं एशियन गेम्स में 53 किग्रा वर्ग में सिल्वर मेडल जीतने वाली अंतिम पंघाल ने 53 किग्रा के बजाय 55 किग्रा वर्ग के ट्रायल में उतरने की इच्छा जताई थी। हालांकि, बाद में उन्होंने चैंपियनशिप से हटने का फैसला किया। उनकी जगह अब निशू 53 किग्रा वर्ग में भारत की चुनौती पेश करेंगी। अमन के हटने की वजह स्पष्ट नहीं एशियन गेम्स में पुरुषों के 57 Kg वर्ग में गोल्ड जीतने वाले अमन शेरावत ने भी सिलेक्शन ट्रायल में हिस्सा नहीं लिया। उनके हटने की वजह स्पष्ट नहीं है। अब इस वर्ग में राहुल भारत की ओर से मुकाबला करेंगे। सुजीत से मेडल की उम्मीद सुजीत कलकल पुरुषों के 65 Kg फ्रीस्टाइल वर्ग में उतरेंगे। उन्होंने एशियन गेम्स में गोल्ड मेडल जीता था। सेमीफाइनल में उन्होंने जापान के मौजूदा ओलिंपिक चैंपियन कोतारो कियोका को हराया था। इसके बाद फाइनल में ताजिकिस्तान के अब्दुलमझिद कुदीव को मात देकर गोल्ड जीता। 50 Kg ट्रायल में विवाद, नीलम के पक्ष में फैसला महिलाओं के 50 किग्रा वर्ग के सिलेक्शन ट्रायल में परवीन और नीलम के बीच मुकाबले के बाद विवाद हुआ था। परवीन ने चीटिंग का आरोप लगाते हुए WFI और खेल मंत्रालय में शिकायत की थी। मामला यूनाइटेड वर्ल्ड रेसलिंग (UWW) तक भी पहुंचा। WFI के एक सूत्र के मुताबिक, मुकाबले के दौरान नीलम 8-0 से आगे थीं। सूत्र का दावा था कि रेफरी दो अंक देने से चूक गए थे और उसी समय मुकाबला नीलम के पक्ष में समाप्त हो गया था। WFI की टेक्निकल कमेटी और UWW ने भी नीलम के पक्ष में फैसला सुनाया। पहले दिन ग्रीको-रोमन के चार वर्गों में मुकाबले चैंपियनशिप की शुरुआत शनिवार को ग्रीको-रोमन वर्ग के मुकाबलों से होगी। पहले दिन 55 Kg, 60 Kg, 77 Kg और 82 Kg वर्ग में मुकाबले होंगे। --------------------------------------------- स्पोर्ट्स की यह खबर भी पढ़ें… अफगानिस्तान ने जिम्बाब्वे को 7 विकेट हराया:ट्राई सीरीज जीती, राशिद खान ने लगातार छठी वनडे पारी में 3+ विकेट लिए अफगानिस्तान ने वनडे ट्राई सीरीज के फाइनल में जिम्बाब्वे को 7 विकेट से हराकर खिताब जीत लिया। शुक्रवार को शारजाह में खेले गए मुकाबले में जिम्बाब्वे की टीम 43.3 ओवर में 169 रन पर ऑलआउट हो गई। जवाब में अफगानिस्तान ने 34.3 ओवर में 3 विकेट खोकर लक्ष्य हासिल कर लिया। पूरी खबर
अर्जेंटीना के पूर्व दिग्गज खिलाड़ी लियोनल मेसी का स्पेन में जोरदार स्वागत किया गया। मेसी को इस दौरान प्रिंसेस ऑफ ऑस्ट्रेरियस अवॉर्ड से सम्मानित किया गया। मेसी अब अंतरराष्ट्रीय फुटबॉल से संन्यास ले चुके हैं, लेकिन क्लब फुटबॉल में खेलते हैं।
बायर्न म्यूनिख के कोच विंसेंट कॉम्पनी ट्रेनिंग सत्र के दौरान बेहोश हो गए। कॉम्पनी की तबीयत बिगड़ने पर उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया। क्लब ने कॉम्पनी की सेहत को लेकर जानकारी देते हुए बताया कि वह अभी मेडिकल देखरेख में रहेंगे।
IND vs NZ 2nd T20: ईशान किशन बाहर, कुमार कुशाग्र को मिला मौका; जानें मैच का समय और दोनों टीमों का स्क्वॉड
नई दिल्ली, 24 अक्टूबर (आईएएनएस)। जापान के आइची-नागोया में खेले गए एशियन पैरा गेम्स 2026 में भारतीय दल ने ऐतिहासिक प्रदर्शन किया। खेलों के इस पांचवें संस्करण में भारतीय दल ने कुल 114 पदक जीते। एशियन पैरा गेम्स के इतिहास में भारत का यह अब तक का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन है।
न्यूजीलैंड A के खिलाफ भारत A की खराब शुरुआत:राहुल-साई सुदर्शन शून्य पर आउट, लंच तक स्कोर 55/4
न्यूजीलैंड A के खिलाफ लिंकन में खेले जा रहे पहले अनऑफिशियल टेस्ट के पहले दिन भारत A की शुरुआत खराब रही। शनिवार को टॉस हारकर पहले बल्लेबाजी करने उतरी भारतीय टीम ने लंच तक 28 ओवर में 4 विकेट पर 55 रन बनाए। भारतीय टेस्ट टीम के उप-कप्तान केएल राहुल और साई सुदर्शन खाता नहीं खोल सके। कप्तान ध्रुव जुरेल ने 1 रन बनाया, जबकि यशस्वी जायसवाल 17 रन बनाकर आउट हुए। लंच के समय देवदत्त पडिक्कल 32 और यश राठौड़ 1 रन बनाकर नाबाद थे। तीसरे ओवर में राहुल आउट, 8 गेंद खेलकर भी खाता नहीं खुला न्यूजीलैंड A के कप्तान रीस मारिउ ने टॉस जीतकर भारत A को पहले बल्लेबाजी के लिए बुलाया। तीसरे ओवर की तीसरी गेंद पर फ्रेजर शीट ने केएल राहुल को विकेटकीपर मिचेल हे के हाथों कैच करा दिया। राहुल ने 8 गेंदों का सामना किया, लेकिन खाता नहीं खोल सके। जायसवाल और पडिक्कल के बीच 30 रन की साझेदारी राहुल के आउट होने के बाद यशस्वी जायसवाल ने देवदत्त पडिक्कल के साथ पारी संभालने की कोशिश की। दोनों ने दूसरे विकेट के लिए 71 गेंदों पर 30 रन जोड़े। 15वें ओवर की दूसरी गेंद पर जैक गिब्सन ने जायसवाल को मैथ्यू बॉयल के हाथों कैच करा दिया। जायसवाल ने 17 रन बनाए। साई सुदर्शन और कप्तान जुरेल भी नहीं टिके नंबर-4 पर बल्लेबाजी करने उतरे साई सुदर्शन भी खाता नहीं खोल सके। चोट के कारण श्रीलंका के खिलाफ टेस्ट सीरीज से बाहर रहे सुदर्शन को 20वें ओवर में साइमन कीन ने बोल्ड कर दिया। इसके बाद कप्तान ध्रुव जुरेल भी ज्यादा देर नहीं टिके। कीन ने उन्हें रीस मारिउ के हाथों कैच करा दिया। जुरेल ने 13 गेंदों पर 1 रन बनाया। इस तरह भारत A ने 55 रन तक 4 विकेट गंवा दिए। पडिक्कल पर टिकी भारतीय पारी पहले सेशन में भारत A के लिए देवदत्त पडिक्कल ने सबसे ज्यादा संघर्ष किया। वे 76 गेंदों पर 32 रन बनाकर नाबाद रहे। उनकी पारी में 5 चौके शामिल थे। दूसरे छोर पर यश राठौड़ 14 गेंदों पर 1 रन बनाकर खेल रहे थे। पडिक्कल ने अगस्त में श्रीलंका के खिलाफ दो शतक लगाए थे। न्यूजीलैंड A के खिलाफ भी पहले सेशन में वे भारतीय पारी को संभालने वाले बल्लेबाज रहे। भारत की प्लेइंग-11 में सीनियर टीम के खिलाड़ी इस मुकाबले में भारत A की प्लेइंग-11 में सीनियर टेस्ट टीम के वाशिंगटन सुंदर, अंशुल कंबोज और आकाश दीप भी शामिल हैं। केएल राहुल और यशस्वी जायसवाल भी टीम का हिस्सा हैं। ------------------------------------------------------ स्पोर्ट्स की यह खबर भी पढ़ें…. अफगानिस्तान ने जिम्बाब्वे को 7 विकेट हराया:ट्राई सीरीज जीती, राशिद खान ने लगातार छठी वनडे पारी में 3+ विकेट लिए अफगानिस्तान ने वनडे ट्राई सीरीज के फाइनल में जिम्बाब्वे को 7 विकेट से हराकर खिताब जीत लिया। शुक्रवार को शारजाह में खेले गए मुकाबले में जिम्बाब्वे की टीम 43.3 ओवर में 169 रन पर ऑलआउट हो गई। जवाब में अफगानिस्तान ने 34.3 ओवर में 3 विकेट खोकर लक्ष्य हासिल कर लिया। पूरी खबर
अफगानिस्तान ने वनडे ट्राई सीरीज के फाइनल में जिम्बाब्वे को 7 विकेट से हराकर खिताब जीत लिया। शुक्रवार को शारजाह में खेले गए मुकाबले में जिम्बाब्वे की टीम 43.3 ओवर में 169 रन पर ऑलआउट हो गई। जवाब में अफगानिस्तान ने 34.3 ओवर में 3 विकेट खोकर लक्ष्य हासिल कर लिया। इब्राहिम जादरान ने 96 गेंदों पर नाबाद 70 रन बनाए। उन्होंने कप्तान रहमत शाह के साथ तीसरे विकेट के लिए 82 रन की साझेदारी की। हशमतुल्लाह शाहिदी ने 35वें ओवर में चौका लगाकर टीम को जीत दिलाई। राशिद ने लगातार छठी वनडे पारी में 3+ विकेट लिए अफगानिस्तान की जीत में गेंदबाजों और फील्डर्स की अहम भूमिका रही। राशिद खान ने 41 रन देकर 3 विकेट लिए। इसके साथ ही वे वनडे क्रिकेट में लगातार 6 पारियों में कम से कम 3 विकेट लेने वाले दुनिया के दूसरे गेंदबाज बन गए। फजलहक फारूकी, मोहम्मद नबी और बिलाल समी ने भी 2-2 विकेट लिए, जबकि अजमतुल्लाह उमरजई को 1 विकेट मिला। अफगानिस्तान के गेंदबाजों ने शुरुआती 6 विकेट निकालकर जिम्बाब्वे को दबाव में ला दिया था। सिकंदर रजा की फिफ्टी, 40 साल की उम्र में बनाया रिकॉर्ड जिम्बाब्वे की ओर से कप्तान सिकंदर रजा ने सबसे ज्यादा 68 रन बनाए। उनकी पारी में 3 छक्के और 3 चौके शामिल थे। रजा वनडे टूर्नामेंट के फाइनल में 40 साल या उससे अधिक उम्र में फिफ्टी लगाने वाले पहले बल्लेबाज बन गए। रजा जब क्रीज पर उतरे, तब जिम्बाब्वे ने शुरुआती 3 विकेट जल्दी गंवा दिए थे। तादिवनाशे मारुमानी को फारूकी ने बोल्ड किया। इसके बाद उमरजई ने अपनी ही गेंद पर ब्रायन बेनेट का कैच पकड़ा। अगले ओवर में एएम गजनफर ने तफदजवा त्सिगा का शॉर्ट स्क्वायर लेग पर एक हाथ से शानदार कैच लपका। 13वें ओवर में ब्रेंडन टेलर के आउट होने के बाद जिम्बाब्वे का स्कोर 4 विकेट पर 55 रन हो गया। टेलर को समी ने विकेटकीपर रहमानुल्लाह गुरबाज के हाथों कैच कराया। रजा और बर्ल ने पारी संभाली, लेकिन राशिद ने पलट दिया मैच शुरुआती झटकों के बाद रजा और रयान बर्ल ने पारी संभालने की कोशिश की। दोनों ने सिंगल-डबल लेकर स्कोर आगे बढ़ाया। बर्ल ने 30 रन बनाए, लेकिन नबी की गेंद पर बड़ा शॉट खेलने के प्रयास में आउट हो गए। डीप स्क्वायर लेग पर समी ने उनका कैच पकड़ा। इसके बाद नबी ने वेस्ले मधेवेरे को स्टंप आउट कराया। इस विकेट के साथ नबी ने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में अपने 300 विकेट पूरे किए। राशिद ने वापसी करते हुए ब्रैड इवांस और न्यूमैन न्यामहुरी को आउट किया। इसके बाद उन्होंने रजा को भी पवेलियन भेज दिया। रजा ने इसी ओवर में राशिद की गेंद पर मिडविकेट के ऊपर से 98 मीटर लंबा छक्का लगाया था, लेकिन अगली बार बड़ा शॉट खेलने के प्रयास में लॉन्ग-ऑफ पर कैच दे बैठे। राशिद चौथा विकेट लेने के करीब थे, लेकिन वेलिंगटन मसाकाद्जा और ब्लेसिंग मुजारबानी ने आखिरी विकेट के लिए 32 रन जोड़कर जिम्बाब्वे को 169 रन तक पहुंचाया। यह टीम की पारी की दूसरी सबसे बड़ी साझेदारी थी। समी ने मसाकाद्जा को LBW आउट कर पारी समाप्त की। गुरबाज ने 31 गेंदों पर 36 रन बनाए 170 रन के लक्ष्य का पीछा करने उतरी अफगानिस्तान ने आक्रामक शुरुआत की। जादरान ने ब्रैड इवांस के ओवर में कई चौके लगाए। इसके बाद गुरबाज ने भी तेजी से रन बनाए। उन्होंने न्यामहुरी के ओवर में लगातार 2 चौके लगाए और मुजारबानी व इवांस की गेंदों पर छक्के जड़े। हालांकि, न्यामहुरी ने गुरबाज को 36 रन के स्कोर पर आउट कर दिया। गुरबाज ने 31 गेंदों की पारी में 6 चौके और 2 छक्के लगाए। इसके तुरंत बाद सिदीकुल्लाह अटल भी 6 रन बनाकर विकेटकीपर के हाथों कैच आउट हो गए। अफगानिस्तान का स्कोर 2 विकेट पर 50 रन था। रहमत और जादरान ने दिलाई जीत इसके बाद रहमत शाह और जादरान ने पारी को संभाला। दोनों ने जोखिम लेने के बजाय सिंगल-डबल से रन जुटाए। दोनों के बीच लगातार 77 गेंदों तक कोई चौका नहीं लगा, लेकिन साझेदारी मजबूत बनी रही। 27वें ओवर में रहमत ने कवर ड्राइव पर चौका लगाया। इसके बाद जादरान ने भी रजा की गेंद पर बाउंड्री जड़ी। रहमत ने 63 गेंदों पर 43 रन बनाए, जिसमें 1 चौका और 1 छक्का शामिल था। जीत से 8 रन पहले रयान बर्ल ने शॉर्ट मिडविकेट पर उनका शानदार कैच पकड़ा। इसके बाद जादरान और शाहिदी ने बाकी रन बनाकर अफगानिस्तान को 7 विकेट से जीत दिला दी। जादरान 70 रन बनाकर नाबाद रहे। उनकी पारी में 4 चौके और 1 छक्का शामिल था।
ईशान बाहर, पर वैभव पर कंफ्यूजन? दूसरे T20 में टीम इंडिया के सामने 5 सवाल
न्यूजीलैंड के खिलाफ पहले टी20 में भारत ने 226 रन का टारगेट हासिल कर 4 विकेट से जीत दर्ज की. हालांकि, इस मुकाबले में फील्डिंग, शुरुआती ओवरों की गेंदबाजी, मिडिल ओवर्स में रन रोकने और स्पिन विभाग के संतुलन पर सवाल उठे. दूसरे टी20 से ईशान किशन के बाहर होने के बाद वैभव सूर्यवंशी की प्लेइंग 11 में जगह को लेकर भी चर्चा तेज है.
भारत और न्यूजीलैंड के बीच 5 टी-20 मैचों की सीरीज का दूसरा मुकाबला आज खेला जाएगा। मैच क्राइस्टचर्च के हेगले ओवल में दोपहर 12:30 बजे से शुरू होगा। भारतीय टीम पिछला मैच जीतकर सीरीज में 1-0 से आगे है। इस मुकाबले में वैभव सूर्यवंशी का खेलना तय है। इसकी वजह ईशान किशन का चोट के कारण इस मुकाबले से बाहर हो जाना है। भारतीय टीम के बल्लेबाजी कोच सितांशु कोटक ने भी प्री-मैच कॉन्फ्रेंस में सूर्यवंशी के खेलने के संकेत दिए हैं। भारत का यह 300वां टी-20 मैच होगा। टीम यह मुकाम हासिल करने वाले दुनिया की दूसरी टीम बनेगी। पाकिस्तान 304 मैचों के साथ पहले स्थान पर है। साथ ही भारत अगर यह मुकाबला मुकाबला जीतता है, तो 200 टी-20 जीतने वाला पहला देश बन जाएगा। सूर्यवंशी ओपन करेंगे या नंबर-3 पर खेलेंगे सूर्यवंशी के खेलने पर सबसे बड़ा सवाल होगा कि वे ओपन करेंगे या ईशान की नंबर-3 पोजिशन पर खेलेंगे। भारत का पलड़ा भारी भारत और न्यूजीलैंड के बीच अब तक 32 टी-20 इंटरनेशनल मैच खेले गए हैं। इनमें भारत ने 20 मुकाबले जीते हैं, जबकि न्यूजीलैंड को 11 मैचों में जीत मिली है। एक मुकाबला टाई रहा है। अभिषेक शर्मा इस साल हजार रन पूरा करने से 15 रन दूर ईशान के बाद अभिषेक शर्मा इस साल भारत के टॉप रन स्कोरर रहे हैं। अभिषेक ने 35 मैचों में 202.67 की स्ट्राइक रेट से 985 रन बनाए हैं। उन्होंने पहले मैच मेें भी 12 गेंद पर 29 रन बनाए थे। गेंदबाजी में अर्शदीप सिंह ने 28 मैचों में 36 विकेट लिए हैं। उनके अलावा भुवनेश्वर कुमार से भी पावरप्ले में विकेट की उम्मीद होगी। न्यूजीलैंड के टॉप टी-20 प्लेयर्स न्यूजीलैंड के लिए 2026 में टिम सइफर्ट ने 14 मैचों में सबसे ज्यादा 453 रन बनाए। उनका स्ट्राइक रेट 164.13 रहा। गेंदबाजी में कप्तान मिचेल सैंटनर ने 17 मैचों में 14 विकेट लिए। उनकी इकोनॉमी 7.89 रही। पिछले मैच में भी उन्होंने 2 विकेट चटकाए थे। हेगले ओवल में रनचेज आसान हेगले ओवल में पहले टी-20 के दौरान 450 से ज्यादा रन बने थे। पिच की शुरुआत में तेज गेंदबाजों को स्विंग मिल सकती है, लेकिन बाद में बल्लेबाजी आसान होने की उम्मीद है। क्राइस्टचर्च में मैच के समय तापमान कम रह सकता है। ओस के कारण टॉस जीतने वाली टीम पहले गेंदबाजी चुन सकती है। ईशान की जगह कुमार कुशाग्र टीम में शामिल ईशान की जगह झारखंड के बल्लेबाज कुमार कुशाग्र को स्क्वॉड में शामिल किया गया है। हालांकि ईशान अभी सिर्फ दूसरे टी-20 मैच से बाहर हैं। उन्हें किशन पहले टी-20 के दौरान दाईं तरफ की एडडक्टर मांसपेशियों में हल्की चोट लगी थी। हालांकि BCCI ने यह नहीं बताया कि ईशान को ठीक होने में कितना समय लगेगा। दोनों टीमों की पॉसिबल प्लेइंग-11 भारत: श्रेयस अय्यर (कप्तान), अभिषेक शर्मा, वैभव सूर्यवंशी, संजू सैमसन (विकेटकीपर), तिलक वर्मा, नमन धीर, नितीश कुमार रेड्डी, अक्षर पटेल, भुवनेश्वर कुमार, अर्शदीप सिंह, मयंक यादव। न्यूजीलैंड: मिचेल सैंटनर (कप्तान), फिन एलन, टिम सइफर्ट (विकेटकीपर), डेरिल मिचेल, ग्लेन फिलिप्स, बेवन जैकब्स, माइकल ब्रेसवेल, नाथन स्मिथ, मैट हेनरी, एडम मिल्ने, लॉकी फर्ग्यूसन।
एशियन पैरा गेम्स में भारत का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन: कितने पदक जीते, किस स्थान पर रहा देश; कब होगा समापन समारोह?
जापान के आइची नागायो में 5वें पैरा एशियन गेम्स का आयोजन किया गया जिसमें भारतीय एथलीटों का ऐतिहासिक प्रदर्शन देखने को मिला और रिकॉर्ड कुल 114 मेडल जीतने में सफलता मिली।
भारतीय क्रिकेट टीम के टी20 कप्तान श्रेयस अय्यर के नेतृत्व में न्यूजीलैंड दौरे का आगाज टीम इंडिया ने काफी शानदार तरीके से किया है, तो वहीं अब अय्यर के पास बतौर कप्तान रोहित शर्मा का रिकॉर्ड तोड़ने का भी मौका है।
पाकिस्तान में 7 सितंबर से 1 अक्टूबर 2028 तक महिला टी-20 वर्ल्ड कप खेला जाएगा। 12 टीमों के इस टूर्नामेंट की मेजबानी पहली बार पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड (PCB) को मिली है। पाकिस्तान चाहता है कि भारत के मुकाबलों को छोड़कर टूर्नामेंट के बाकी मैच उसके यहां हों। भारत के मैच UAE में कराए जा सकते हैं। इसकी वजह भारत और पाकिस्तान के बीच लंबे समय से चला आ रहा राजनीतिक तनाव और ICC का हाइब्रिड मॉडल है। भारत के मैच UAE में क्यों हो सकते हैं? भारत नॉकआउट में पहुंचा तो क्या होगा? भारत महिला क्रिकेट की मजबूत टीमों में शामिल है। इसलिए टूर्नामेंट के नॉकआउट मुकाबलों के वेन्यू तय करते समय भारत के सेमीफाइनल या फाइनल तक पहुंचने की संभावना को भी ध्यान में रखना होगा। रिपोर्टों के मुताबिक, PCB अधिकारी ने कहा है कि अगर भारत फाइनल में नहीं पहुंचता है, तो खिताबी मुकाबला लाहौर में कराया जा सकता है। 12 टीमों के टूर्नामेंट में 10 स्थान तय 2028 महिला T20 वर्ल्ड कप में कुल 12 टीमें हिस्सा लेंगी। इनमें से आठ टीमों ने 2026 महिला T20 वर्ल्ड कप के ग्रुप स्टेज में अपने प्रदर्शन के आधार पर जगह पक्की की। ये टीमें ऑस्ट्रेलिया, भारत, दक्षिण अफ्रीका, बांग्लादेश, इंग्लैंड, वेस्टइंडीज, न्यूजीलैंड और श्रीलंका हैं। मेजबान होने के कारण पाकिस्तान को सीधी जगह मिली है। ICC महिला टी-20 रैंकिंग में तय कट-ऑफ तारीख पर आयरलैंड ने भी स्थान हासिल किया। बाकी दो टीमें 10 टीमों के ग्लोबल क्वालिफायर से आएंगी। पहलगाम हमले के बाद क्रिकेट में भी बढ़ी दूरी भारत-पाकिस्तान के बीच तनाव नया नहीं है, लेकिन अप्रैल 2025 में पहलगाम आतंकी हमले के बाद हालात और बिगड़ गए। 22 अप्रैल को जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए हमले में 26 लोगों की जान गई थी। भारत ने इसके बाद मई 2025 में ऑपरेशन सिंदूर के तहत कार्रवाई की। दोनों देशों के बीच सैन्य तनाव भी बढ़ा। इसका असर क्रिकेट पर भी दिखाई दिया। पुरुष टीम ने हाथ नहीं मिलाया, महिला टीम ने भी अपनाया यही रुख पहलगाम हमले के बाद भारत-पाकिस्तान मुकाबलों में हाथ मिलाने की परंपरा भी विवाद का विषय बन गई। सितंबर 2025 में UAE में हुए पुरुषों के एशिया कप में भारतीय कप्तान सूर्यकुमार यादव और पाकिस्तानी कप्तान सलमान अली आगा ने टॉस के समय हाथ नहीं मिलाया। मैच के बाद भी भारतीय खिलाड़ियों ने पाकिस्तानी टीम से हाथ नहीं मिलाया। सूर्यकुमार ने जीत को पहलगाम हमले के पीड़ितों और भारतीय सशस्त्र बलों को समर्पित किया था। इसके बाद भारतीय महिला टीम ने भी यही रुख अपनाया। अक्टूबर 2025 में श्रीलंका के कोलंबो में महिला वनडे वर्ल्ड कप के दौरान भारतीय कप्तान हरमनप्रीत कौर और पाकिस्तानी कप्तान फातिमा सना ने टॉस के समय हाथ नहीं मिलाया। 2028-29 के क्रिकेट कैलेंडर में और क्या?
Kabaddi Championship में Team India का आगाज, England और Malaysia के खिलाफ होंगे पहले मैच
कबड्डी प्रेमियों के लिए शुक्रवार से एक बड़ा मुकाबला शुरू होने जा रहा है। भारत उद्घाटन राष्ट्रमंडल कबड्डी चैंपियनशिप में अपने अभियान की शुरुआत पुरुष और महिला, दोनों वर्गों में जीत के इरादे से करेगा। पुरुष टीम का पहला मुकाबला इंग्लैंड से होगा, जबकि महिला टीम मलेशिया के खिलाफ मैदान पर उतरेगी। यह प्रतियोगिता 23 अक्टूबर से 31 अक्टूबर तक वीर सावरकर खेल परिसर में आयोजित की जाएगी, जिसमें 13 देशों की 23 टीमें हिस्सा लेंगी। इस चैंपियनशिप में पुरुष और महिला वर्गों के कुल 62 मुकाबले खेले जाएंगे। प्रतियोगिता का आयोजन भारतीय एमेच्योर कबड्डी महासंघ कर रहा है, जिसे अंतरराष्ट्रीय कबड्डी महासंघ की मंजूरी मिली है। इस आयोजन के जरिए अलग-अलग देशों की टीमों को कबड्डी में अपनी ताकत दिखाने और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अनुभव हासिल करने का मौका मिलेगा। पुरुष वर्ग में 13 टीमों को 2 समूहों में बांटा गया है। भारत को समूह ए में रखा गया है, जहां उसके साथ नाइजीरिया, मलेशिया, युगांडा, इंग्लैंड, तंजानिया और श्रीलंका की टीमें हैं। वहीं, समूह बी में बांग्लादेश, केन्या, कनाडा, ऑस्ट्रेलिया, स्कॉटलैंड और सिंगापुर शामिल हैं। भारतीय पुरुष टीम की कमान सुरजीत सिंह के हाथों में होगी, जबकि नवीन कुमार उपकप्तान की जिम्मेदारी संभालेंगे। भारतीय पुरुष टीम को शुरुआती दौर में कुल 6 मुकाबले खेलने हैं। इंग्लैंड के खिलाफ पहले मैच के बाद भारत 24 अक्टूबर को युगांडा, 25 अक्टूबर को मलेशिया, 26 अक्टूबर को नाइजीरिया, 27 अक्टूबर को तंजानिया और 29 अक्टूबर को श्रीलंका से भिड़ेगा। लगातार मुकाबलों के बीच टीम को अपनी लय बनाए रखने के साथ-साथ खिलाड़ियों की फिटनेस पर भी ध्यान देना होगा। महिला वर्ग में 10 टीमों को 2 समूहों में रखा गया है। भारत समूह ए में सिंगापुर, नाइजीरिया, युगांडा और मलेशिया के साथ है। समूह बी में बांग्लादेश, केन्या, इंग्लैंड, स्कॉटलैंड और श्रीलंका की टीमें शामिल हैं। भारतीय महिला टीम की कप्तानी निधि शर्मा करेंगी, जबकि रितु उपकप्तान होंगी। महिला टीम अपने पहले मुकाबले में मलेशिया से खेलेगी। इसके बाद 24 अक्टूबर को सिंगापुर, 25 अक्टूबर को युगांडा और 26 अक्टूबर को नाइजीरिया से उसका सामना होगा। महिला वर्ग के समूह चरण के मुकाबले 28 अक्टूबर तक पूरे हो जाएंगे। प्रतियोगिता के नियमों के अनुसार, हर टीम अपने समूह की बाकी सभी टीमों से एक-एक बार खेलेगी। दोनों समूहों में शीर्ष 2 स्थान हासिल करने वाली टीमें सेमीफाइनल में पहुंचेंगी। समूह ए की विजेता का मुकाबला समूह बी में दूसरे स्थान पर रहने वाली टीम से होगा, जबकि समूह बी की विजेता टीम समूह ए की दूसरे नंबर की टीम से भिड़ेगी। गौरतलब है कि सेमीफाइनल मुकाबले 30 अक्टूबर को खेले जाएंगे, जबकि पुरुष और महिला वर्ग के फाइनल 31 अक्टूबर को होंगे। भारतीय टीमों के सामने शुरुआती दौर से ही अच्छा प्रदर्शन करने और खिताब की ओर कदम बढ़ाने की चुनौती होगी। घरेलू कबड्डी में भारत की मजबूत पहचान को देखते हुए दोनों टीमों से बेहतर प्रदर्शन की उम्मीद की जा रही है और प्रशंसकों की नजरें उनके शुरुआती मुकाबलों पर टिकी हैं।
एशियाई पैरा गेम्स में भारत का ऐतिहासिक प्रदर्शन, 30 गोल्ड सहित जीते 114 मेडल
एशियाई पैरा गेम्स में भारतीय दल ने अब तक का अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करते हुए कुल 114 पदक जीते, जिनमें 30 स्वर्ण, 35 रजत और 49 कांस्य पदक शामिल हैं।
भारतीय महिला टीम ने स्मृति मंधाना की कप्तानी में आईसीसी विमेंस चैंपियनशिप का आगाज बेहतरीन एकतरफा 9 विकेट से जीत के साथ किया है, जिसमें उन्होंने जिम्बाब्वे के खिलाफ खेले गए तीन वनडे मैचों की सीरीज के पहले मुकाबले को अपने नाम कर लिया है।
Super 750 टूर्नामेंट के अंतिम 8 में थमा Ashmita Chaliha का सफर, French Open में मिली हार
भारतीय बैडमिंटन खिलाड़ी अश्मिता चालिहा फ्रेंच ओपन में भले ही सेमीफाइनल की दौड़ से बाहर हो गईं, लेकिन उन्होंने अपने खेल से सभी का ध्यान खींचा है। क्वार्टर फाइनल में भारत की 27 वर्षीय खिलाड़ी को जापान की नोजोमी ओकुहारा के खिलाफ कड़े मुकाबले में हार का सामना करना पड़ा। तीन गेम तक चले इस मुकाबले में अश्मिता ने शानदार वापसी की, लेकिन निर्णायक गेम में जापानी खिलाड़ी के अनुभव के आगे उन्हें 21-10, 17-21, 21-16 से हार झेलनी पड़ी। मुकाबले की शुरुआत ओकुहारा ने बेहतर तरीके से की। उन्होंने तेजी से खेलते हुए 5-1 की बढ़त बना ली और मध्यांतर तक 11-6 से आगे रहीं। ब्रेक के बाद भी जापानी खिलाड़ी ने अपना दबाव बनाए रखा। अश्मिता को लय हासिल करने का ज्यादा मौका नहीं मिला और ओकुहारा ने पहला गेम आसानी से 21-10 से अपने नाम कर लिया। दूसरे गेम में मुकाबले का रुख बदल गया। अश्मिता ने शुरुआत से ही आक्रामक खेल दिखाया और 4-4 की बराबरी के बाद तेजी से अंक जुटाने शुरू किए। बेहतर नेट खेल और लगातार तेज शॉट्स की मदद से उन्होंने मध्यांतर तक 11-5 की बढ़त हासिल कर ली। इसके बाद ओकुहारा ने वापसी की कोशिश की और लंबी रैलियों के दौरान अपनी फुर्ती का अच्छा प्रदर्शन करते हुए स्कोर 15-15 तक पहुंचा दिया। ऐसा लग रहा था कि जापानी खिलाड़ी दूसरा गेम भी अपने नाम कर लेंगी, लेकिन अश्मिता ने दबाव में धैर्य बनाए रखा। 16-16 की बराबरी के बाद उन्होंने फिर से बढ़त बनाई। दूसरी ओर, ओकुहारा की कुछ गलतियों का भारतीय खिलाड़ी को फायदा मिला और अश्मिता ने 21-17 से गेम जीतकर मुकाबले को निर्णायक तीसरे गेम तक पहुंचा दिया। तीसरे गेम में भी अश्मिता ने अच्छी शुरुआत करते हुए 4-2 की बढ़त हासिल की। हालांकि, ओकुहारा ने जल्द ही वापसी की और 7-4 से आगे निकल गईं। अश्मिता ने हार नहीं मानी और स्कोर 9-9 कर दिया। मध्यांतर तक जापानी खिलाड़ी 11-9 से आगे थीं, लेकिन भारतीय खिलाड़ी ने फिर जोर लगाया और 12-12 तथा 14-14 पर बराबरी हासिल कर ली। निर्णायक समय में लगातार संघर्ष का असर अश्मिता के खेल पर दिखाई देने लगा। उनसे कुछ गलतियां हुईं, जिसका ओकुहारा ने फायदा उठाया। जापानी खिलाड़ी ने 20-16 की बढ़त लेकर 4 मैच अंक हासिल किए और पहले ही मौके पर मुकाबला खत्म कर दिया। गौरतलब है कि असम की रहने वाली अश्मिता चालिहा के लिए यह टूर्नामेंट काफी खास रहा। विश्व रैंकिंग में 36वें स्थान पर मौजूद अश्मिता ने क्वार्टर फाइनल से पहले प्री-क्वार्टर फाइनल में 3 बार की विश्व चैंपियन खिलाड़ी को 21-19, 21-18 से हराकर बड़ा उलटफेर किया था। इस जीत के साथ वह पहली बार सुपर 750 स्तर के टूर्नामेंट के क्वार्टर फाइनल में पहुंची थीं। भले ही उनका सफर यहीं थम गया, लेकिन मजबूत खिलाड़ियों के खिलाफ उनके प्रदर्शन ने भारतीय बैडमिंटन के लिए सकारात्मक संकेत दिए हैं।
Asian Para Games में भारत ने रचा इतिहास, 30 स्वर्ण समेत रिकॉर्ड 114 पदक जीते
भारतीय पैरा खिलाड़ियों ने उम्मीदों से बढ़कर प्रदर्शन करते हुए एशियाई पैरा खेलों में अपना अब तक का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन किया। भारत ने शुक्रवार को यहां आखिरी दिन रिकॉर्ड प्रदर्शन के दम पर 30 स्वर्ण सहित कुल 114 पदक जीतकर अपना अभियान समाप्त किया। भारत ने इस बार इन खेलों में 168 खिलाड़ियों का दल भेजा था जो 2023 में हांगझोउ में हुए पिछले चरण में हिस्सा लेने वाले दल की संख्या से लगभग आधा था। भारतीय खिलाड़ियों ने हांगझोउ में 27 स्वर्ण सहित 108 पदक जीते थे जो उस समय देश का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन था। यहां जारी खेलों में शुक्रवार को पहली बार स्वर्ण पदक जीतने में पैरा एथलेटिक्स का दबदबा नहीं रहा बल्कि बैडमिंटन खिलाड़ियों, तीरंदाजों और निशानेबाज मोना अग्रवाल ने भी भारत के पदकों की संख्या बढ़ाने में अहम योगदान दिया। इस तरह भारत ने 30 स्वर्ण, 35 रजत और 49 कांस्य पदकों के साथ अपना अभियान पूरा किया। भारत फिलहाल पदक तालिका में चौथे स्थान पर है, लेकिन शनिवार को कुछ स्पर्धाओं के फाइनल होने के कारण उसकी स्थिति बदल सकती है। भारत का उन स्पर्धाओं में कोई खिलाड़ी हिस्सा नहीं ले रहा है। अभियान के आखिरी दिन भारत ने नौ स्वर्ण पदक जीते जो इस चरण में उसका एक दिन का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन है। ये स्वर्ण पदक तीरंदाजी, निशानेबाजी, बैडमिंटन और एथलेटिक्स में मिले। एथलेटिक्स ने हमेशा की तरह भारत के लिए पदक संख्या में इजाफा किया। इस स्पर्धा में भारत ने कुल 65 पदक जीते जो 2023 के मुकाबले 12 अधिक हैं। शुक्रवार को हालांकि बैडमिंटन खिलाड़ियों ने भी सुर्खियां बटोरीं और तीन स्वर्ण पदक जीते। इनमें पेरिस पैरालंपिक चैंपियन नितेश कुमार और नवीन शिवकुमार के व्यक्तिगत वर्गों के स्वर्ण पदक शामिल हैं। अनुभवी नितेश ने पुरुष एकल एसएल3 वर्ग में स्वर्ण और मिश्रित युगल एसएल3-एसयू5 स्पर्धा में रजत पदक जीता जबकि इन खेलों में पदार्पण कर रहे नवीन ने पुरुष एकल एसएल4 वर्ग का स्वर्ण अपने नाम किया। 31 वर्षीय नितेश ने पुरुष एकल फाइनल में हमवतन और तोक्यो पैरालंपिक के स्वर्ण पदक विजेता प्रमोद भगत को 21-18, 21-16 से हराकर शानदार जीत दर्ज की। इसके बाद उन्होंने तुलसीमति मुरुगेसन के साथ मिश्रित युगल में रजत पदक जीता। नवीन ने एसएल4 वर्ग के फाइनल में इंडोनेशिया के फ्रेडी सेतियावान को 21-9, 21-17 से हराकर स्वर्ण पदक हासिल किया। तुलसीमति ने भी यादगार प्रदर्शन करते हुए एक स्वर्ण और दो रजत पदक जीते। उन्होंने महिला युगल का खिताब अपने नाम किया। पेरिस पैरालंपिक की रजत पदक विजेता 24 वर्षीय तुलसीमति ने मानसी जोशी के साथ मिलकर महिला युगल एसएल3-एसयू5 का खिताब जीता। भारतीय जोड़ी ने फाइनल में चीन की यांग किउशिया और शियाओ जुशियान को 21-16, 21-13 से हराया। इससे पहले तुलसीमति को महिला एकल एसयू5 के फाइनल में यांग किउशिया से 18-21, 11-21 से हारकर रजत पदक से संतोष करना पड़ा। एथलेटिक्स में संदीप और हानी ने क्रमशः पुरुषों की 400 मीटर टी64 और भाला फेंक एफ37/38 स्पर्धाओं में विश्व रिकॉर्ड के साथ स्वर्ण पदक जीते। मौजूदा पैरालंपिक और विश्व चैंपियन सुमित अंतिल ने भी शानदार प्रदर्शन करते हुए पुरुषों की भाला फेंक एफ42-44/61-64 संयुक्त स्पर्धा में भारत का दबदबा कायम किया। उन्होंने 72.46 मीटर के सर्वश्रेष्ठ प्रयास के साथ स्वर्ण पदक जीता। एफ42 वर्ग में हिस्सा लेने वाले महेंद्र गुर्जर ने 59.03 मीटर के प्रदर्शन के साथ रजत पदक जीता, जबकि एफ44 वर्ग के संदीप संजय सरगर ने 64.48 मीटर भाला फेंककर कांस्य पदक हासिल किया। महेंद्र को कम दूरी के बावजूद रजत पदक मिला। संयुक्त स्पर्धाओं में खिलाड़ियों की रैंकिंग तय करने के लिए इस्तेमाल किए जाने वाले आरएजेडए अंक में महेंद्र को बढ़त मिली, जिसके आधार पर उन्हें संदीप से ऊपर स्थान दिया गया। भाला फेंक और चक्का फेंक जैसी मैदान में होने वाली स्पर्धाओं में खिलाड़ियों की भागीदारी बढ़ाने और मुकाबले को अधिक प्रतिस्पर्धी बनाने के लिए एफ42, एफ44, एफ62 और एफ64 जैसे वर्गों को अक्सर एक संयुक्त स्पर्धा में शामिल किया जाता है। एफ42 और एफ44 वर्ग में निचले अंगों से संबंधित अक्षमता वाले वे खिलाड़ी हिस्सा लेते हैं, जो भाला फेंकने या दौड़ने के लिए कृत्रिम पैर का इस्तेमाल नहीं करते। एफ62 और एफ64 वर्ग में निचले अंगों से संबंधित अक्षमता वाले वे खिलाड़ी प्रतिस्पर्धा करते हैं, जो कृत्रिम पैर या पैरों की मदद से खड़े होकर खेलते हैं। व्हीलचेयर का इस्तेमाल करने वाले प्रणव सूरमा ने पुरुषों की क्लब थ्रो स्पर्धा में 32.87 मीटर का खेलों का रिकॉर्ड बनाकर भारत को दिन का आखिरी स्वर्ण पदक दिलाया। इससे पहले संदीप ने पुरुषों की 400 मीटर टी64 स्पर्धा के फाइनल में 52.28 सेकेंड का समय लेकर विश्व रिकॉर्ड बनाया और स्वर्ण पदक जीता। हमवतन अजय कुमार ने 53.61 सेकेंड के खेलों के रिकॉर्ड के साथ कांस्य पदक हासिल किया। भाला फेंक एफ37/38 के फाइनल में हानी ने 60.49 मीटर का विश्व रिकॉर्ड प्रदर्शन करते हुए स्वर्ण पदक जीता। इससे पहले निमिषा चक्कुंगलपरम्बिल और प्रमोद बिजारनिया ने क्रमशः महिलाओं की लंबी कूद टी47 और पुरुषों की 1500 मीटर टी46 स्पर्धाओं में रजत पदक जीते। पुरुषों की 1500 मीटर दौड़ में प्रमोद ने चार मिनट 9.65 सेकंड का समय निकाला। पैरा निशानेबाज मोना अग्रवाल ने महिलाओं की 50 मीटर राइफल थ्री पोजिशंस एसएच1 स्पर्धा में विश्व रिकॉर्ड तोड़ते हुए स्वर्ण पदक जीता। उन्होंने 357.5 अंक हासिल कर नया विश्व रिकॉर्ड बनाया। यह इन खेलों में उनका दूसरा स्वर्ण पदक था। मोना ने इस साल की शुरुआत में भारत के लिए 2028 पैरालंपिक का पहला कोटा हासिल किया था। पैरालंपिक निशानेबाजी में एसएच1 वर्ग उन खिलाड़ियों के लिए है जिनके निचले या ऊपरी अंगों में दिव्यांगता होती है और जो अपने हाथों से बंदूक का भार संभाल सकते हैं। इससे पहले मोना ने महिलाओं की 10 मीटर एयर राइफल स्टैंडिंग एसएच1 स्पर्धा में 250.0 अंक के खेलों के रिकॉर्ड के साथ स्वर्ण पदक जीता था। अवनि लेखरा ने 249.6 अंक के साथ रजत पदक हासिल किया। पैरालंपिक चैंपियन तीरंदाज हरविंदर सिंह और उनके साथ पहली बार इन खेलों में हिस्सा ले रहे विजय सुंडी ने शानदार प्रदर्शन करते हुए पुरुषों की रिकर्व युगल स्पर्धा का स्वर्ण पदक जीता। हालांकि, भारतीय महिला युगल टीम को रजत पदक से संतोष करना पड़ा। हरविंदर और विजय ने फाइनल में चीन के युन डुओ और झाओ लिशुए को 5-1 से हराया। वहीं, महिला युगल फाइनल में भावना चौधरी और पूजा जटिया की जोड़ी महिला पैरा रिकर्व युगल फाइनल में चीन की गाओ जिहान और वांग शूकियान से 0 . 6 से हार गई और उन्हें रजत पदक से संतोष करना पड़ा। भारतीय तैराकी दल ने उम्मीदों से बेहतर प्रदर्शन करते हुए इन खेलों में कुल 11 पदक जीते जिनमें तीन रजत पदक शामिल हैं। आखिरी दिन हिमांशु नंदल ने पुरुषों की 100 मीटर फ्रीस्टाइल एस11 स्पर्धा में कांस्य पदक जीतकर इन खेलों में कांस्य पदकों की हैट्रिक पूरी की। ‘ऑप्टिक नर्व’ (दृष्टि तंत्रिका) में खराबी के कारण जन्म से दृष्टिहीन 22 वर्षीय हिमांशु ने पुरुषों की 100 मीटर फ्रीस्टाइल एस11 स्पर्धा को एक मिनट 5.90 सेकंड में पूरी कर कांस्य पदक की हैट्रिक भी पूरी की। हिमांशु इससे पहले पुरुषों की 400 मीटर फ्रीस्टाइल और 100 मीटर ब्रेस्टस्ट्रोक एस11 स्पर्धाओं में भी कांस्य पदक जीत चुके हैं। इन खेलों में तीन पदक जीतने के साथ ही वह हमवतन रवि बुडिगिना की बराबरी पर पहुंच गए जिन्होंने दो रजत और एक कांस्य सहित कुल तीन पदक जीते हैं। हिमांशु ने मंगलवार को पुरुषों की 400 मीटर फ्रीस्टाइल एस11 स्पर्धा में पांच मिनट 10.91 सेकंड का समय निकालकर अपने पदकों का खाता खोला था। चार तैराकों के बीच हुए मुकाबले में वह तीसरे स्थान पर रहे। इसके बाद उन्होंने 100 मीटर ब्रेस्टस्ट्रोक एस11 में कांस्य जीता और शुक्रवार को तीसरा पदक हासिल कर अपनी हैट्रिक पूरी की। एस11 वर्ग में दृष्टिबाधित खिलाड़ी हिस्सा लेते हैं। इसमें वे खिलाड़ी शामिल हैं जिनकी दृष्टि क्षमता बेहद कम है या जिन्हें प्रकाश का बिल्कुल भी आभास नहीं होता।
World Wrestling Championship: अमन सहरावत और अंतिम पंघाल हटे, सुजीत कलकल करेंगे अगुआई
एशियाई खेलों के स्वर्ण पदक विजेता अमन सहरावत और रजत पदक विजेता अंतिम पंघाल ने शनिवार से शुरू होने वाली विश्व कुश्ती चैंपियनशिप से नाम वापस ले लिये हैं जिससे कजाखस्तान की राजधानी अस्ताना में होने वाली इस प्रतियोगिता में भारतीय चुनौती की अगुआई सुजीत कलकल करेंगे। जापान में हुए एशियाई खेलों में महिलाओं के 53 किग्रा वर्ग में रजत पदक जीतने वाली अंतिम ने चयन के लिए हुए अंतिम ट्रायल मुकाबले में अपने 53 किग्रा वर्ग के बजाय 55 किग्रा वर्ग में उतरने की इच्छा जताई थी। लेकिन बाद में उन्होंने प्रतियोगिता से हटने का फैसला किया। इस भार वर्ग में अब निशु भारत का प्रतिनिधित्व करेंगी। पुरुषों के 57 किग्रा वर्ग में एशियाई खेलों का स्वर्ण जीतने वाले अमन भी चयन ट्रायल में शामिल नहीं हुए। उनके इस फैसले का कारण स्पष्ट नहीं हो सका। अब राहुल 57 किग्रा वर्ग में भारत की चुनौती पेश करेंगे। सुजीत पुरुषों के 65 किग्रा फ्रीस्टाइल वर्ग में उतरेंगे। उन्होंने एशियाई खेलों में शानदार प्रदर्शन करते हुए स्वर्ण पदक जीता था। भारतीय कुश्ती महासंघ (डब्ल्यूएफआई) ने पहले घोषणा कर चुका था कि एशियाई खेलों में हिस्सा लेने वाले पहलवानों और पिछली विश्व चैंपियनशिप के चयन ट्रायल में विजेता रहे पहलवानों के बीच एक बार फिर मुकाबले कराए जाएंगे। इन मुकाबलों के जरिए विश्व चैंपियनशिप के लिए अंतिम चयन होना था। इस बीच महिलाओं के 50 किग्रा वर्ग में परवीन और नीलम के बीच हुए चयन मुकाबले को लेकर विवाद हो गया। परवीन ने मुकाबले में बेईमानी का आरोप लगाते हुए डब्ल्यूएफआई और खेल मंत्रालय से शिकायत की थी। डब्ल्यूएफआई के एक सूत्र ने बताया कि इस मामले को विश्व कुश्ती संघ (यूडब्ल्यूडब्ल्यू) के पास भेजा गया जिसने नीलम के पक्ष में फैसला दिया। विश्व चैंपियनशिप का आगाज ग्रीको रोमन के 55, 60, 70 और 82 किग्रा के भार वर्ग के साथ शनिवार से होगा। भारतीय टीम:पुरुष फ्रीस्टाइल: राहुल(57 किग्रा), निखिल(61 किग्रा), सुजीत कलकल(65 किग्रा), विशाल कालीरमन(70 किग्रा), सागर जगलान(74 किग्रा), सौरभ यादव(79 किग्रा), पुष्पेंद्र दलाल(86 किग्रा), सचिन(92 किग्रा), विक्की(97 किग्रा), जसपूरन सिंह(125 किग्रा)महिला फ्रीस्टाइल: नीलम(50 किग्रा), निशु(53 किग्रा), अहिल्या एस. शिंदे(55 किग्रा), नेहा शर्मा(57 किग्रा), मनीषा भानवाला(59 किग्रा), नेहा(62 किग्रा) रजनीता(65 किग्रा), सृष्टि(68 किग्रा), तनु शर्मा(72 किग्रा),काजल(76 किग्रा)ग्रीको-रोमन: ललित(55 किग्रा), हर्ष(60 किग्रा), साहिल(63 किग्रा), सचिन सहरावत(67 किग्रा), करनजीत सिंह(72 किग्रा), लवप्रीत सिंह(77 किग्रा), प्रिंस(82 किग्रा), सुनील कुमार(87 किग्रा), नितेश सिवाच(97 किग्रा),जोगिंदर राठी(130 किग्रा)।
पैरा एशियन गेम्स 2026 में पुरुष जैवलिन थ्रो के इवेंट में भारतीय एथलीटों का ऐतिहासिक प्रदर्शन देखने को मिला है, जिसमें सुमित अंतिल ने जहां गोल्ड मेडल जीता तो वहीं सिल्वर और ब्रॉन्ज पर भी कब्जा करने में कामयाबी मिली।
French Open में PV Sindhu की धमाकेदार जीत, चिउ पिन-चियन को हराकर सेमीफाइनल में पहुंचीं
23 अक्टूबर को फ्रेंच ओपन 2026 बैडमिंटन टूर्नामेंट में, पीवी सिंधु ने चीनी ताइपे की चिउ पिन-चियन को सीधे गेम में हराकर महिला एकल के सेमीफाइनल में अपनी जगह पक्की कर ली। ओलंपिक्स.कॉम के अनुसार, दो बार की ओलंपिक पदक विजेता और विश्व रैंकिंग में 11वें नंबर पर मौजूद सिंधु ने एरिना ग्रैंड पेरिस में क्वार्टर फाइनल मुकाबला 39 मिनट में 21-13, 21-14 से जीत लिया। सिंधु ने शुरुआत से ही अपना दबदबा बनाए रखा; पहले गेम के इंटरवल तक वह 11-5 से आगे थीं और अंत तक अपनी बढ़त कायम रखते हुए आसानी से गेम जीत लिया। दूसरे गेम में भी उन्होंने अपना शानदार प्रदर्शन जारी रखा, 7-0 की बढ़त बनाई और जीत हासिल की। इसे भी पढ़ें: Para Asian Games 2026 | बैडमिंटन में भारत का दबदबा, नितेश कुमार और नवीन शिवकुमार ने जीते स्वर्ण पदक यह चिउ के खिलाफ सिंधु की करियर की दूसरी जीत है; इससे पहले उन्होंने पिछले महीने एशियाई खेल 2026 में उन्हें हराया था। इस जीत के साथ, सिंधु इस साल चार BWF वर्ल्ड टूर टूर्नामेंटों के सेमीफाइनल में पहुंच गई हैं। इससे पहले वह जनवरी में मलेशिया ओपन और जून में ऑस्ट्रेलियन बैडमिंटन ओपन के सेमीफाइनल (अंतिम चार) तक पहुंची थीं, और जुलाई में जापान ओपन का खिताब जीता था। 24 अक्टूबर को होने वाले सेमीफाइनल में, सिंधु का मुकाबला या तो इंडोनेशिया की विश्व चैंपियनशिप कांस्य पदक विजेता पुत्री कुसुमा वर्दानी से होगा, या फिर जापान की हिना अकेची से। इसे भी पढ़ें: Noida Sports City में 70 प्रतिशत जमीन पर खेल सुविधाएं, संशोधित मास्टर लेआउट को मंजूरी BWF सुपर 750 इवेंट में सिंधु भारत की इकलौती दावेदार बची हैं, क्योंकि उसी दिन क्वार्टर फाइनल में एक अन्य भारतीय खिलाड़ी अश्मिता चालिहा बाहर हो गईं। ओलंपिक्स.कॉम के अनुसार, चालिहा - जिन्होंने प्री-क्वार्टर फाइनल में तीन बार की विश्व चैंपियन अकाने यामागुची को हराया था - जापान की ओलंपिक पदक विजेता नोजोमी ओकुहारा से 21-10, 17-21, 21-16 से हार गईं। भारत का पुरुष एकल (मेंस सिंगल्स) अभियान 22 अक्टूबर को समाप्त हो गया, जिसमें आयुष शेट्टी चोट के कारण बाहर हो गए और लक्ष्य सेन ने अपने पहले मैच से पहले ही नाम वापस ले लिया। पुरुष युगल (मेंस डबल्स) जोड़ी सात्विकसाईराज रंकीरेड्डी और चिराग शेट्टी, तथा महिला युगल (वीमेंस डबल्स) टीम ट्रेसा जॉली और गायत्री गोपीचंद भी टूर्नामेंट के पहले ही दौर में बाहर हो गईं।
श्री चरणी के चार विकेट, पहले महिला ODI में भारत ने जिम्बाब्वे को 197 पर रोका
श्री चरणी ने अपने करियर का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करते हुए चार विकेट झटके जिससे भारत ने शुक्रवार को यहां पहले महिला एकदिवसीय अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट मैच में जिम्बाब्वे को 197 रन पर समेट दिया। जिम्बाब्वे के लिए बिलव्ड बीजा ने 62 रन की अर्धशतकीय पारी खेली लेकिन इसके बावजूद टीम 200 रन के अंदर सिमट गई। श्री चरणी ने 10 ओवर में 23 रन देकर चार विकेट झटककर अपने करियर का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन किया। उन्होंने अहम मौकों पर विकेट चटकाकर जिम्बाब्वे की पारी को झकझोर दिया। क्रांति गौड़ (42 रन देकर तीन विकेट) ने भी उनका अच्छा साथ निभाया। दोनों ने यहां कोटांबी के बल्लेबाजी के मुफीद विकेट पर जिम्बाब्वे को बड़ा स्कोर बनाने से रोक दिया। बाएं हाथ की स्पिनर श्री चरणी ने सलामी बल्लेबाज मोडेस्टर मुपाचिकवा (25) और चिपो मुगेरी टिरिपानो (21) को आउट करके जिम्बाब्वे को शुरुआती झटके दिए। इसके बाद उन्होंने न्याशा ग्वांजुरा (13) और खतरनाक दिख रही मिशेल मावुंगा को पवेलियन भेजकर भारत का दबदबा बनाए रखा। वहीं क्रांति ने शुरुआती ओवरों में दो कैच छूटने के बावजूद अपना ध्यान नहीं भटकने दिया और तीन विकेट हासिल किए। इनमें बीजा का अहम विकेट भी शामिल था। जिम्बाब्वे की चौथे नंबर की बल्लेबाज बीजा ने सतर्कता और आक्रामकता का अच्छा मिश्रण दिखाया। उन्होंने एक छोर संभालते हुए 92 गेंदों में पांच चौकों की मदद से 62 रन बनाए। पर दूसरे छोर पर उन्हें साथ नहीं मिला। भारत ने भले ही मैदान पर दबदबा बनाया हो लेकिन एक बार फिर खराब क्षेत्ररक्षण देखने को मिला और टीम ने कुछ आसान कैच टपका दिए। जिम्बाब्वे की सलामी बल्लेबाज मुपाचिकवा और तीसरे नंबर की बल्लेबाज मुगेरी टिरिपानो को जीवनदान मिले। तीसरे ओवर की आखिरी गेंद पर गौड़ की ऑफ स्टंप के बाहर की गेंद पर बाएं हाथ की बल्लेबाज मुगेरी टिरिपानो ने ड्राइव खेलने की कोशिश की, लेकिन गेंद उनके बल्ले का किनारा लेकर पीछे गई। विकेटकीपर ऋचा घोष आसान कैच पकड़ने में नाकाम रहीं। आठवें ओवर में मुपाचिकवा ने गौड़ की वाइड गेंद पर जोरदार शॉट खेलने की कोशिश की, लेकिन गेंद बल्ले का बाहरी किनारा लेकर दूसरी स्लिप में खड़ी दीप्ति शर्मा (44 रन देकर दो विकेट) के पास चली गई। हालांकि दीप्ति ने कैच लेने की कोशिश की, लेकिन गेंद उनके हाथों से छिटक गई। बाद में जब मावुंगा तेजी से रन बना रही थीं, तब 40वें ओवर में दीप्ति की गेंद पर उन्हें जीवनदान मिला। क्रांति गौड़ के पास डीप मिडविकेट पर उनका जोरदार शॉट लपकने का मौका था, लेकिन वह यह मुश्किल कैच नहीं पकड़ सकीं।
भारत के स्टार पैरा भाला फेंक एथलीट सुमित अंतिल ने शुक्रवार को यहां एशियाई पैरा खेलों में पुरुषों की एफ 42-44/61-64 संयुक्त स्पर्धा में स्वर्ण पदक जीतकर अपने खिताब का बचाव किया तो वहीं इस स्पर्धा में भारत ने तीनों पदक अपने नाम किये। दो बार के पैरालंपिक स्वर्ण पदक विजेता और विश्व रिकॉर्ड धारक 28 वर्षीय सुमित ने अपने दूसरे प्रयास में 72.46 मीटर दूर भाला फेंककर स्वर्ण पदक हासिल किया। सुमित ने 2023 के एशियाई पैरा खेलों में 73.29 मीटर के तत्कालीन विश्व रिकॉर्ड के साथ स्वर्ण पदक जीता था। इसके बाद उन्होंने इस साल मई में 74.82 मीटर का नया विश्व रिकॉर्ड बनाया। शुक्रवार को वह अपना रिकॉर्ड नहीं तोड़ सके, लेकिन एफ64 वर्ग में प्रतिस्पर्धा करते हुए अन्य खिलाड़ियों से आगे रहे। एफ42 वर्ग में हिस्सा लेने वाले महेंद्र गुर्जर ने 59.03 मीटर के प्रदर्शन के साथ रजत पदक जीता, जबकि एफ44 वर्ग के संदीप संजय सरगर ने 64.48 मीटर भाला फेंककर कांस्य पदक हासिल किया। महेंद्र को कम दूरी के बावजूद रजत पदक मिला। संयुक्त स्पर्धाओं में खिलाड़ियों की रैंकिंग तय करने के लिए इस्तेमाल किए जाने वाले आरएजेडए अंक में महेंद्र को बढ़त मिली, जिसके आधार पर उन्हें संदीप से ऊपर स्थान दिया गया। भाला फेंक और चक्का फेंक जैसी मैदान में होने वाली स्पर्धाओं में खिलाड़ियों की भागीदारी बढ़ाने और मुकाबले को अधिक प्रतिस्पर्धी बनाने के लिए एफ42, एफ44, एफ62 और एफ64 जैसे वर्गों को अक्सर एक संयुक्त स्पर्धा में शामिल किया जाता है। एफ42 और एफ44 वर्ग में निचले अंगों से संबंधित अक्षमता वाले वे खिलाड़ी हिस्सा लेते हैं, जो भाला फेंकने या दौड़ने के लिए कृत्रिम पैर का इस्तेमाल नहीं करते। एफ62 और एफ64 वर्ग में निचले अंगों से संबंधित अक्षमता वाले वे खिलाड़ी प्रतिस्पर्धा करते हैं, जो कृत्रिम पैर या पैरों की मदद से खड़े होकर खेलते हैं।
Asian Para Games के समापन समारोह में Mona Agarwal और Nishad Kumar संभालेंगे तिरंगा
पैरा निशानेबाज मोना अग्रवाल और पैरा एथलीट निषाद कुमार शनिवार को होने वाले एशियाई पैरा खेलों के समापन समारोह में भारत के ध्वजवाहक होंगे। दोनों ने इन खेलों में दो-दो स्वर्ण पदक जीते हैं। अड़तीस वर्षीय मोना ने इन खेलों में रिकॉर्ड बनाया है। नौ महीने की उम्र में पोलियो के कारण उनके दोनों पैर प्रभावित हुए और उन्हें व्हीलचेयर का सहारा लेना पड़ा। उन्होंने सबसे पहले महिलाओं की 10 मीटर एयर राइफल स्टैंडिंग एसएच1 स्पर्धा में खेलों का रिकॉर्ड बनाते हुए स्वर्ण पदक जीता। इसके बाद महिलाओं की 50 मीटर राइफल थ्री पोजिशन एसएच1 स्पर्धा में विश्व रिकॉर्ड तोड़कर स्वर्ण पदक अपने नाम किया। सत्ताईस वर्षीय निषाद कुमार जब छह साल के थे, तब हिमाचल प्रदेश में अपने खेत पर घास काटने वाली मशीन की चपेट में आने से उनका दायां हाथ कट गया था। उन्होंने इन खेलों में पुरुषों की ऊंची कूद और लंबी कूद की टी47 स्पर्धाओं में स्वर्ण पदक जीते।
बीसीसीआई ने जूनियर समिति के चार सदस्यों के नाम का ऐलान कर दिया है, जिसमें अध्यक्ष पद के लिए सिर्फ 2 टी20 इंटरनेशनल मुकाबले खेलने वाले परविंदर अवाना को नियुक्त किया गया है।
भारतीय महिला क्रिकेटर सब्बिनेनी मेघना ने 30 साल की उम्र में क्रिकेट के सभी फॉर्मेट से संन्यास ले लिया है। आंध्र प्रदेश की मेघना ने 2016 में भारत के लिए डेब्यू किया। उन्होंने 3 वनडे और 17 टी-20 इंटरनेशनल मैच खेले। इसके अलावा, वह विमेंस प्रीमियर लीग (WPL) के तीन सीजन में भी उतरीं। अब खिलाड़ियों को तैयार करना चाहती हैं मेघना संन्यास की घोषणा करते हुए मेघना ने कहा कि मैदान उनके लिए दूसरे घर जैसा रहा है। क्रिकेट ने उन्हें मुश्किल हालात में टिके रहना और जीवन भर याद रहने वाली दोस्तियां दीं। मेघना ने यह भी साफ किया कि खिलाड़ी के रूप में उनका सफर भले खत्म हो रहा है, लेकिन क्रिकेट से उनका जुड़ाव बना रहेगा। वह भविष्य में युवा खिलाड़ियों को मार्गदर्शन देने और खेल के विकास में योगदान करना चाहती हैं। 20 साल की उम्र में भारत के लिए खेलना शुरू किया मेघना ने 20 नवंबर 2016 को वेस्टइंडीज के खिलाफ विजयवाड़ा में टी-20 इंटरनेशनल से डेब्यू किया। अपने पहले मैच में उन्होंने 16 गेंदों पर 17 रन बनाए, लेकिन भारतीय टीम 31 रन से हार गई। मेघना को वनडे इंटरनेशनल खेलने का मौका करीब पांच साल बाद मिला। फरवरी 2022 में न्यूजीलैंड के क्वीन्सटाउन में उन्होंने अपना पहला वनडे खेला। इस मैच में वह 14 गेंदों पर 4 रन ही बना सकीं। लेकिन दूसरे वनडे में 50 गेंदों पर 49 रन बनाए और तीसरे में सिर्फ 41 गेंदों पर 61 रन की पारी खेली। सीनियर महिला टूर्नामेंट में 142 बेस्ट स्कोर इंटरनेशनल टीम में जगह बनाने के लिए घरेलू क्रिकेट का प्रदर्शन बेहद अहम होता है। मेघना ने 2021-22 के सीनियर महिला वनडे टूर्नामेंट में रेलवे की ओर से खेलते हुए 6 मैचों में 388 रन बनाए। वह उस प्रतियोगिता की सबसे ज्यादा रन बनाने वाली बल्लेबाज रहीं। इस दौरान उन्होंने एक शतक और दो अर्धशतक लगाए। उनका बेस्ट स्कोर 142 रन था। एशिया कप विजेता टीम और कॉमनवेल्थ गेम्स में सिल्वर मेघना भारतीय महिला टीम का हिस्सा थीं, जिसने 2016 और 2022 में महिला टी-20 एशिया कप जीता। 2022 में उन्हें बर्मिंघम कॉमनवेल्थ गेम्स के लिए चुनी गई भारतीय टीम में भी जगह मिली। यह टूर्नामेंट इसलिए खास था, क्योंकि पहली बार महिला टी-20 क्रिकेट को कॉमनवेल्थ गेम्स में शामिल किया गया था। भारत ने इस प्रतियोगिता में फाइनल तक का सफर तय किया और ऑस्ट्रेलिया से हारकर सिल्वर मेडल जीता। 17 टी-20 इंटरनेशनल में 258 रन बनाए मेघना ने भारत के लिए 17 टी-20 इंटरनेशनल मैचों में 258 रन बनाए। इस फॉर्मेट में उनका बेस्ट स्कोर 69 रन रहा और उन्होंने एक अर्धशतक लगाया। उनका आखिरी इंटरनेशनल मैच अक्टूबर 2022 में थाईलैंड के खिलाफ था। यानी वह करीब चार साल से भारत के लिए इंटरनेशनल मैच नहीं खेल रही थीं। WPL में गुजरात से शुरुआत, RCB के साथ जीता खिताब भारत के लिए खेलने के अलावा मेघना ने महिला प्रीमियर लीग में भी अपनी पहचान बनाई। मेघना ने 2023 में लीग के पहले सीजन में गुजरात जायंट्स के लिए खेलना शुरू किया। इसके बाद वह रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (RCB) से जुड़ीं और 2024 व 2025 के सीजन में इसी टीम का हिस्सा रहीं। उन्होंने WPL में कुल 15 मैच खेले और 302 रन बनाए। उनका बेस्ट स्कोर 53 रन रहा।
भारत के पंकज आडवाणी 29वीं बार क्यू स्पोर्ट्स वर्ल्ड चैंपियन बने। 41 साल के आडवाणी ने इंग्लैंड के रॉबर्ट हॉल को हराकर वर्ल्ड बिलियर्ड्स चैंपियनशिप का खिताब जीता। 5 घंटे चले फाइनल में आडवाणी ने 1906 पॉइंट्स बनाए, जबकि हॉल 1206 पॉइंट्स तक पहुंचे। एक समय हॉल 317 पॉइंट्स से आगे थे। लेकिन आडवाणी ने 587 पॉइंट्स की सीरीज खेलकर मुकाबला अपने पक्ष में कर लिया। इस चैंपियनशिप में किसी खिलाड़ी की यह सबसे बड़ी सीरीज है। बिलियर्ड्स में ‘ब्रेक’ क्या होता है? बिलियर्ड्स में खिलाड़ी क्यू नाम की लंबी स्टिक से गेंदों को मारता है और नियमों के मुताबिक पॉइंट्स जुटाता है। लगातार एक ही बारी में बनाए गए पॉइंट्स को ‘ब्रेक’ कहा जाता है। यानी आडवाणी का 587 का ब्रेक यह बताता है कि उन्होंने अपनी बारी में लगातार खेलते हुए 587 पॉइंट्स बनाए। शुरुआत में बढ़त, फिर हॉल की वापसी फाइनल की शुरुआत आडवाणी ने 91 पॉइंट्स के ब्रेक से की। लेकिन हॉल ने 203 पॉइंट्स की सीरीज बनाकर बढ़त हासिल कर ली। करीब दो घंटे तक दोनों खिलाड़ियों के बीच मुकाबला बराबरी का रहा। इसके बाद आडवाणी ने एक और ब्रेक बनाकर बढ़त लेने की कोशिश की। हालांकि, हॉल ने अगले करीब 30 मिनट में 331 पॉइंट्स का बड़ा ब्रेक खेला। इससे वह आडवाणी से 300 से ज्यादा पॉइंट्स आगे निकल गए। 115 मिनट बाकी थे, स्कोर 697-1014 जब मुकाबले में 115 मिनट बाकी थे, तब स्कोर आडवाणी के 697 और हॉल के 1014 पॉइंट्स था। हॉल 317 पॉइंट्स आगे थे। उनके सामने पहली बार वर्ल्ड चैंपियन बनने का मौका था। इससे पहले वह वर्ल्ड बिलियर्ड्स चैंपियनशिप के पांच फाइनल खेल चुके थे, लेकिन खिताब नहीं जीत पाए थे। ऐसे दबाव में आडवाणी ने 210 पॉइंट्स का ब्रेक बनाया और अंतर घटाकर करीब 100 पॉइंट्स कर दिया। इसके बाद हॉल से एक आसान शॉट चूक गया। बिलियर्ड्स में ऐसी गलती विरोधी खिलाड़ी को दोबारा टेबल पर खेलने का मौका दे सकती है। आडवाणी ने इसी मौके का पूरा फायदा उठाया। फाइनल तक पहुंचने का सफर आडवाणी ने खिताब जीतने से पहले क्वार्टरफाइनल में भारत के ही सौरव कोठारी को 1134-575 से हराया। यह मुकाबला करीब तीन घंटे चला। इसके बाद सेमीफाइनल में उन्होंने इंग्लैंड के डेविड कॉजियर को 1607-1271 से मात दी। अब इंदौर में 30वें वर्ल्ड टाइटल की तैयारी आडवाणी अब बिलियर्ड्स से अलग क्यू स्पोर्ट्स के दूसरे प्रारूप स्नूकर की तैयारी करेंगे। वर्ल्ड स्नूकर चैंपियनशिप नवंबर में इंदौर में होनी है। ------------------------ स्पोर्ट्स की यह खबर पढ़िए… भारत ने टी-20 में अपना सबसे बड़ा रनचेज किया, पहले मैच में न्यूजीलैंड को 4 विकेट से हराया भारत ने न्यूजीलैंड के खिलाफ पहला टी-20 मैच 4 विकेट से जीत लिया है। इसके साथ ही टीम इंडिया पांच मैचों की सीरीज में 1-0 से आगे हो गई है। पढ़ें पूरी खबर
आईसीसी रैंकिंग में अंग्रेजों की मिट्टी पलीद, अफगानिस्तान ने भी पछाड़ दिया
श्रीलंकाई टीम ने गुरुवार को इंग्लैंड को ऐसी हार थमाई जो उसे सालों तक खलती रहेगी। यही कारण रहा कि अंग्रेज टीम को अब आईसीसी रैंकिंग में भी नुकसान उठाना पड़ा है।
लॉस एंजिल्स ओलंपिक 2028 के लिए आईसीसी ने बड़ा फैसला लेते हुए क्वालीफायर को जनवरी-फरवरी 208 में कराने का फैसला लिया है, तो वहीं अगले वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप का फाइनल मैच भी इंग्लैंड की मेजबानी में खेला जाएगा।
Asian Para Games में Himanshu Nandal ने जीता तीसरा कांस्य, पदकों की लगाई हैट्रिक
भारतीय पैरा तैराक हिमांशु नंदल ने शुक्रवार को यहां एशियाई पैरा खेलों में पुरुषों की 100 मीटर फ्रीस्टाइल एस11 स्पर्धा में कांस्य पदक जीतकर पदकों की हैट्रिक पूरी की। यह इन खेलों में उनका तीसरा कांस्य पदक है। ऑप्टिक नर्व (दृष्टि तंत्रिका) में खराबी के कारण जन्म से दृष्टिहीन 22 वर्षीय हिमांशु ने यह स्पर्धा एक मिनट 5.90 सेकंड में पूरी की। जापान के उचु तोमिता ने 58.22 सेकंड के समय के साथ खेलों का नया रिकॉर्ड बनाते हुए स्वर्ण पदक जीता, जबकि चीन के चुआनझेन सुन ने 58.70 सेकंड में रजत पदक हासिल किया। हिमांशु इससे पहले पुरुषों की 400 मीटर फ्रीस्टाइल और 100 मीटर ब्रेस्टस्ट्रोक एस11 स्पर्धाओं में भी कांस्य पदक जीत चुके हैं। इन खेलों में तीन पदक जीतने के साथ ही वह हमवतन रवि बुडिगिना की बराबरी पर पहुंच गए, जिन्होंने दो रजत और एक कांस्य सहित कुल तीन पदक जीते हैं। हिमांशु ने मंगलवार को पुरुषों की 400 मीटर फ्रीस्टाइल एस11 स्पर्धा में पांच मिनट 10.91 सेकंड का समय निकालकर अपने पदकों का खाता खोला था। चार तैराकों के बीच हुए मुकाबले में वह तीसरे स्थान पर रहे। इसके बाद उन्होंने 100 मीटर ब्रेस्टस्ट्रोक एस11 में कांस्य जीता और शुक्रवार को तीसरा पदक हासिल कर अपनी हैट्रिक पूरी की। एस11 वर्ग में दृष्टिबाधित खिलाड़ी हिस्सा लेते हैं। इसमें वे खिलाड़ी शामिल हैं जिनकी दृष्टि क्षमता बेहद कम है या जिन्हें प्रकाश का बिल्कुल भी आभास नहीं होता। हिमांशु की एशियाई पैरा खेलों तक की यात्रा बचपन से ही खेलों से जुड़ी रही है। हरियाणा के रोहतक में खेलों के माहौल वाले परिवार में पले-बढ़े हिमांशु के पिता राष्ट्रीय स्तर पर हॉकी खेल चुके हैं। चार वर्ष की उम्र में वह दिल्ली आ गए और राष्ट्रीय दृष्टिबाधित संघ से जुड़े और ब्रेल लिपि सीखी। शुरुआत में उन्होंने जूडो में अपनी पहचान बनाई और राष्ट्रीय स्तर पर पदक भी जीते। उन्होंने वर्ष 2021 में तैराकी को अपना नया लक्ष्य बनाया। तैराकी में उनका सफर तेजी से आगे बढ़ा। वर्ष 2024 में हिमांशु पेरिस पैरालंपिक के लिए न्यूनतम योग्यता मानक हासिल करने वाले भारत के पहले दृष्टिहीन तैराक बने। दिल्ली विश्वविद्यालय के आत्मा राम सनातन धर्म कॉलेज से राजनीति विज्ञान में स्नातक हिमांशु ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी लगातार प्रगति की है। वर्ष 2025 में सिंगापुर में आयोजित विश्व पैरा तैराकी चैंपियनशिप में उन्होंने दो स्पर्धाओं के फाइनल में जगह बनाकर अपनी प्रतिभा का परिचय दिया।
BCCI ने शुक्रवार को पूर्व भारतीय तेज गेंदबाज परविंदर अवाना को जूनियर सिलेक्शन कमेटी का चेयरमैन नियुक्त किया। क्रिकेट एडवाइजरी कमेटी ने इंटरव्यू प्रक्रिया के बाद उनके नाम की सिफारिश की थी। उनके अलावा 3 अन्य सदस्य को भी कमिटी में शामिल किया गया है। पांचवे सदस्य की नियक्ति जल्द की जाएगी। अवाना के चेयरमैन बनने की मुख्य वजह… कमिटी में नियुक्त हुए अन्य 3 सदस्यों के बारे में जानिए… ------------------------ स्पोर्ट्स की यह खबर भी पढें… प्रज्ञान ओझा BCCI चीफ सिलेक्टर बने, अगरकर की जगह लेंगे:रमेश पोवार भी कमेटी में, जानिए सचिन-गावस्कर जैसे दिग्गज क्यों नहीं बनते सिलेक्टर भारत के पूर्व क्रिकेटर प्रज्ञान ओझा को अजित अगरकर की जगह BCCI का चीफ सिलेक्टर बनाया गया है। अगरकर का कार्यकाल 4 अक्टूबर 2026 को खत्म हुआ था। वहीं, सिलेक्शन कमेटी में अगरकर की जगह पूर्व भारतीय स्पिनर रमेश पोवार को शामिल किया गया है। पूरी खबर पढ़ें…
लॉस एंजिलिस ओलिंपिक में क्रिकेट के क्वालिफायर जनवरी-फरवरी 2028 में हो सकते हैं। PTI के मुताबिक, ICC ने अक्टूबर में दुबई में हुई बैठकों के बाद सदस्य देशों के साथ नया कैलेंडर साझा किया है। क्वालिफायर ऐसे मुकाबले होते हैं, जिनमें टीमें मुख्य टूर्नामेंट में जगह बनाने के लिए खेलती हैं। पुरुष और महिला दोनों वर्गों में 6-6 टीमें हिस्सा लेंगी। महिला वर्ग में 4 टीम पहले ही क्वालिफाई कर चुके हैं। क्वालिफायर में 8-8 टीमें होंगी। हर क्वालिफायर से एक टीम ओलिंपिक में पहुंचेगी। 6 टीमों को दो ग्रुप में बांटकर मुकाबले कराए जाएंगे। भारत की महिला टीम ने कैसे पक्की की जगह? भारत की महिला टीम ओलिंपिक में खेलने की जगह पहले ही हासिल कर चुकी है। ऑस्ट्रेलिया, साउथ अफ्रीका और ग्रेट ब्रिटेन की टीमें भी उसके साथ क्वालिफाई कर चुकी हैं। इन चार टीमों को 2026 के महिला टी-20 वर्ल्ड कप में अपने-अपने महाद्वीप की सबसे बेहतर टीम रहने के आधार पर जगह मिली। पुरुष टीम के लिए रैंकिंग क्यों अहम? पुरुषों के मुकाबले में अफ्रीका, एशिया, यूरोप और ओशिनिया। इन चार महाद्वीपों की सबसे ऊंची रैंक वाली टीमों को 31 दिसंबर 2026 की ICC T20 इंटरनेशनल रैंकिंग के आधार पर जगह मिलनी है। इसलिए भारतीय पुरुष टीम के लिए साल के आखिर की रैंकिंग बेहद अहम होगी। मेजबान अमेरिका को भी पूरी करनी होगी शर्त आमतौर पर मेजबान देश को टूर्नामेंट में जगह मिलना तय माना जाता है, लेकिन क्रिकेट के इस ओलिंपिक आयोजन में अमेरिका के लिए भी रैंकिंग की शर्त रखी गई है। अमेरिका की पुरुष और महिला टीम को 30 जून से 31 दिसंबर 2026 के बीच की क्वालिफिकेशन अवधि में रैंकिंग के टॉप-15 में रहना होगा। अगर अमेरिकी महिला टीम 31 दिसंबर तक यह शर्त पूरी नहीं करती, तो उसकी जगह का फैसला 1 मार्च 2027 की कट-ऑफ तारीख पर महिला चैंपियंस ट्रॉफी-2027 के प्रदर्शन के आधार पर होगा। क्रिकेट की ओलिंपिक में 128 साल बाद वापसी क्रिकेट लॉस एंजिलिस ओलिंपिक में 2028 में वापसी करेगा। इससे पहले यह खेल 1900 के पेरिस ओलिंपिक में खेला गया था। उस समय ग्रेट ब्रिटेन और फ्रांस के बीच एक मुकाबला हुआ था। इसमें ब्रिटेन ने गोल्ड और फ्रांस ने सिल्वर जीता था। 2027 से 2031 के बीच ICC के कई बड़े टूर्नामेंट 2027 और 2031 के वनडे वर्ल्ड कप के बीच ICC के कैलेंडर में पुरुषों के 12, महिलाओं के सात और अंडर-19 वर्ग के पांच टूर्नामेंट शामिल हैं। इनमें क्वालिफायर भी गिने गए हैं। इसके अलावा, 2029 वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप (WTC) का फाइनल इंग्लैंड में 8 से 12 जून के बीच आयोजित किया जाना है। WTC टेस्ट क्रिकेट की वह प्रतियोगिता है, जिसमें दो साल के चक्र में टीमों के प्रदर्शन के आधार पर शीर्ष दो टीमें फाइनल खेलती हैं।-------------------------------------------------- भारतीय क्रिकेट से जुड़ी यह खबर भी पढ़िए… आयुष म्हात्रे ने जांघ के पिछले हिस्से की सर्जरी कराई, 2-3 महीने क्रिकेट से दूर रहेंगे अंडर-19 वर्ल्ड कप जीतने वाली भारतीय टीम के कप्तान आयुष म्हात्रे ने दाईं जांघ के पिछले हिस्से (हैमस्ट्रिंग) की सर्जरी कराई है। वे करीब 2-3 महीने क्रिकेट से दूर रहेंगे। आयुष म्हात्रे मुंबई की रणजी टीम के उपकप्तान है। पढ़ें पूरी खबर
भारत ए और न्यूजीलैंड ए की टीमें तीन अनाधिकारिक टेस्ट मैचों की सीरीज में भिड़ने जा रही हैं। सीरीज का पहला मैच 24 अक्टूबर को सुबह साढ़े तीन बजे से शुरू होगा। इसमें भारतीय टीम के प्रदर्शन पर नजर रहेगी।
जापान में चल रहे पैरा एशियन गेम्स 2026 में भारतीय एथलीटों का शानदार प्रदर्शन देखने को मिल रहा है, जिसमें पिछली बार के जीते गए गोल्ड मेडल की संख्या की बराबरी कर ली है।
पंकज आडवाणी ने डब्ल्यूबीएल विश्व बिलियर्ड्स चैंपियनशिप जीतकर करियर का 29वां विश्व खिताब जीता। उन्होंने फाइनल में इंग्लैंड के रॉब हॉल को 1906-1206 से शिकस्त दी।
ईशान किशन NZ के खिलाफ दूसरे टी20 से बाहर, वैभव को मिलेगा मौका?
न्यूजीलैंड दौरे पर भारतीय क्रिकेट टीम को एक बड़ा झटका लगा है. पांच मैचों की टी20 सीरीज के पहले मुकाबले में शानदार जीत दर्ज करने के बाद टीम इंडिया के स्टार खिलाड़ी ईशान किशन चोटिल हो गए हैं. पहले टी20 मैच के दौरान उनके पैर की मांसपेशियों में हल्की खिंचाव या चोट आई थी, जिसके कारण वह दूसरे टी20 मुकाबले से बाहर हो चुके हैं.
भारत और जिम्बाब्वे विमेंस टीम के बीच पहला वनडे वडोदरा में खेला जा रहा है। जिम्बाब्वे ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी चुनी। टीम ने 17 ओवर में 3 विकेट पर 66 रन बना लिए हैं। ड्रिंक्स ब्रेक के समय बेलव्ड बीजा 9 और शार्ने मेयर्स 4 रन बनाकर क्रीज पर हैं। भारत की ओर से श्री चरणी ने 2 विकेट लिए हैं, जबकि क्रांति गौड़ को एक सफलता मिली है। चरणी ने चिपो मुगेरी-तिरिपानो को 21 रन और मोडेस्टर मुपाचिकवा को 25 रन के स्कोर पर आउट किया। श्री चरणी ने दिलाई भारत को दूसरी और तीसरी सफलता जिम्बाब्वे को पहला झटका तीसरे ओवर में लगा, जब क्रांति गौड़ ने लॉरीन फिरी को एक रन पर आउट किया। इसके बाद मुगेरी-तिरिपानो और मुपाचिकवा ने दूसरे विकेट के लिए 43 रन की साझेदारी की। श्री चरणी ने 11वें ओवर में मुगेरी-तिरिपानो को LBW आउट कर इस साझेदारी को तोड़ा। उन्होंने 27 गेंदों पर 21 रन बनाए। इसके बाद 15वें ओवर में चरणी ने मुपाचिकवा को क्रांति गौड़ के हाथों कैच कराया। मुपाचिकवा ने 44 गेंदों पर 25 रन बनाए, जिसमें 4 चौके शामिल रहे। भारतीय गेंदबाजों का प्रदर्शन श्री चरणी ने 5 ओवर में 9 रन देकर 2 विकेट लिए हैं। क्रांति गौड़ ने 4 ओवर में 20 रन देकर एक विकेट हासिल किया। दीप्ति शर्मा ने 2 ओवर में 5 रन दिए हैं, जबकि सयाली सतघरे और जिंतिमणि कलिता को अभी विकेट नहीं मिला है। भारत की प्लेइंग-XI स्मृति मंधाना (कप्तान), शेफाली वर्मा, प्रतीका रावल, हरमनप्रीत कौर, तेजल हसबनिस, दीप्ति शर्मा, ऋचा घोष, श्री चरणी, जिंतिमणि कलिता, सयाली सतघरे और क्रांति गौड़।
एशियन पैरा गेम्स: नितेश, थुलसिमथी ने बैडमिंटन मिक्स्ड डबल्स में सिल्वर जीता
भारत के नितेश कुमार और थुलसिमथी मुरुगेसन ने शुक्रवार को मिक्स्ड डबल्स एसएल3-एसयू5 कैटेगरी में सिल्वर मेडल जीता।
Pankaj Advani ने जीता WBL विश्व बिलियर्ड्स चैंपियनशिप, Rob Hall को हराकर 29वां खिताब किया नाम
क्यू खेल के दिग्गज खिलाड़ी पंकज आडवाणी ने यहां डब्ल्यूबीएल विश्व बिलियर्ड्स चैंपियनशिप जीतकर करियर का 29वां विश्व खिताब अपने नाम किया और साबित कर दिया कि इस खेल में उनका जलवा अब भी कायम है। इकतालिस वर्षीय आडवाणी सेमीफाइनल में पहुंचने वाले एकमात्र भारतीय थे और अंततः उन्होंने पांच घंटे तक चले बेहद रोमांचक फाइनल में इंग्लैंड के रॉब हॉल को 1906-1206 से शिकस्त दी। आडवाणी और हॉल दोनों के लिए फाइनल काफी अहम था। हॉल इससे पहले पांच बार विश्व बिलियर्ड्स चैंपियनशिप के फाइनल में पहुंचे थे, लेकिन हर बार खिताब जीतने से चूक गए थे। वहीं आडवाणी की नजरें क्यू खेलों में अपने विश्व खिताबों के बेमिसाल रिकॉर्ड को और बेहतर करने पर थीं। फाइनल की शुरुआत आडवाणी ने 91 के ब्रेक के साथ की। इसके बाद हॉल ने 203 का शानदार ब्रेक बनाकर बढ़त हासिल कर ली। मुकाबले के करीब दो घंटे बाद दोनों खिलाड़ी लगभग बराबरी पर थे। तभी आडवाणी ने एक और शतकीय ब्रेक लगाकर बढ़त बना ली। अगले 30 मिनट तक हॉल ने शानदार बिलियर्ड्स खेलते हुए 331 का ब्रेक बनाया और कई बार के विश्व चैंपियन आडवाणी से 300 से अधिक अंकों की बढ़त हासिल कर ली। मुकाबले में दो घंटे से भी कम समय बचा था और अंकों का अंतर लगातार बढ़ने के कारण आडवाणी मुश्किल स्थिति में नजर आ रहे थे। जब स्कोर 1014-697 था और मुकाबले में 115 मिनट बाकी थे, तब हॉल अपने पहले विश्व खिताब की ओर बढ़ते दिख रहे थे। लेकिन आडवाणी ने उन्हें ऐसा करने का मौका नहीं दिया। आडवाणी ने 210 का शानदार ब्रेक बनाकर हॉल की बढ़त घटाकर 100 अंक कर दी। इसके तुरंत बाद प्रतिद्वंद्वी के एक आसान शॉट चूकने पर आडवाणी को फिर मौका मिल गया। इसके बाद आडवाणी ने चैंपियनशिप का सबसे यादगार प्रदर्शन करते हुए 587 का ब्रेक बनाया। यह इस साल की विश्व चैंपियनशिप का सबसे बड़ा ब्रेक था। इस शानदार प्रदर्शन ने उनके प्रतिद्वंद्वी की खिताब जीतने की उम्मीदों पर पानी फेर दिया और आडवाणी का नाम एक बार फिर प्रतिष्ठित ट्रॉफी पर दर्ज हो गया। पुरस्कार समारोह के दौरान हॉल ने आडवाणी की असाधारण वापसी और उनके शानदार प्रदर्शन की तारीफ की। इससे पहले आडवाणी ने तीन घंटे तक चले क्वार्टर फाइनल में हमवतन सौरव कोठारी को 1134-575 से हराया था। इसके बाद सेमीफाइनल में उन्होंने शानदार फॉर्म में चल रहे डेविड कॉजियर को 1607-1271 से शिकस्त दी। अब आडवाणी नवंबर में इंदौर में होने वाली आईबीएसएफ विश्व स्नूकर चैंपियनशिप की तैयारी शुरू करेंगे।
Asian Para Games में Kokila Kaushik ने जीता Silver Medal, बोलीं- अगली बार लाऊंगी गोल्ड
भारतीय पैरा जूडोका कोकिला कौशिक जापान के आइची-नागोया में आयोजित 2026 एशियाई पैरा खेलों से रजत पदक जीतकर भारत लौटीं। गुरुवार शाम इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर बात करते हुए, कोकिला ने और अधिक मजबूत होकर वापसी करने और भविष्य की प्रतियोगिताओं में स्वर्ण पदक जीतने का संकल्प लिया। कोकिला ने महिलाओं की J2 52 किग्रा श्रेणी में रजत पदक हासिल किया। वह उस भारतीय पैरा जूडो दल का हिस्सा थीं, जो इस महाद्वीपीय प्रतियोगिता से दो पदक लेकर लौटा है; इसमें पुरुषों की J1 70 किग्रा श्रेणी में कपिल परमार ने कांस्य पदक जीता। इसे भी पढ़ें: Para Asian Games 2026 | बैडमिंटन में भारत का दबदबा, नितेश कुमार और नवीन शिवकुमार ने जीते स्वर्ण पदक अपने प्रदर्शन से संतुष्टि जताते हुए, कोकिला ने ANI से कहा कि मैंने अभी सिल्वर मेडल जीता है। हमें गोल्ड की उम्मीद थी, लेकिन इस बार सिल्वर मिला है, इसलिए अभी हम खुश हैं। मतलब, हमने भारत के लिए मेडल जीता है, और अगली बार गोल्ड आएगा। उन्होंने आगे कहा कि भारत को गौरवान्वित करके मुझे बहुत अच्छा लग रहा है। 2023 में हांगझोऊ में हुए एशियन पैरा गेम्स में ब्रॉन्ज मेडल जीत चुकीं कोकिला ने कहा कि अब वह आने वाली बड़ी प्रतियोगिताओं पर ध्यान देंगी। उन्होंने बताया, अगले साल वर्ल्ड गेम्स हैं, और उसके बाद 2028 के पैरालंपिक गेम्स हैं। मैं उनके लिए अच्छे से प्रैक्टिस करूंगी। कोकिला को स्वर्ण पदक के मुकाबले में किर्गिस्तान की ऐबिके उलानबेक काइज़ी से हार का सामना करना पड़ा, जिन्होंने महज 21 सेकंड में 'इप्पोन' के जरिए जीत हासिल की। इंडियन ब्लाइंड एंड पैरा जूडो एसोसिएशन के सीईओ मुनव्वर अंज़ार ने टीम के दो पदक जीतने पर गर्व जताया, लेकिन साथ ही यह भी माना कि इस खेल में प्रतिस्पर्धा लगातार बढ़ रही है। उन्होंने कहा कि हमें बहुत गर्व है। सबसे बड़ी बात यह है कि जब हम पैरा एशियन गेम्स और पैरालंपिक में भारत के लिए पदक जीतते हैं और तिरंगा ऊपर लहराता है, तो एक अलग ही तरह का गर्व महसूस होता है। हमने दो पदक जीते हैं और हम इसे लेकर बेहद खुश हैं, क्योंकि हमने बहुत अच्छी तैयारी की थी। लेकिन जैसे-जैसे प्रतियोगिता आगे बढ़ रही है, यह और भी कठिन होती जा रही है। इसलिए, अभी हमारा पूरा ध्यान आने वाले एक बहुत बड़े टूर्नामेंट, 'वर्ल्ड गेम्स' पर है और हम उसी की तैयारी कर रहे हैं। हमें वहां भी पदक जीतने हैं, और उसके बाद आने वाले टूर्नामेंटों में भी। LA पैरालंपिक के लिए हमारा लक्ष्य कम से कम दो पदक जीतना है, ठीक वैसे ही जैसे हमने यहां जीते हैं। इसे भी पढ़ें: Ahmedabad में 23 अक्टूबर से पहली Commonwealth Kabaddi Championship, 13 देश होंगे शामिल कोकिला के प्रदर्शन के बारे में अंजार ने कहा कि कोकिला के साथ बात यह है कि वह अपनी वेट कैटेगरी में सबसे कम उम्र की हैं। वह अभी 22 साल की हुई हैं, जबकि उनकी कैटेगरी में कजाकिस्तान या किर्गिस्तान जैसे देशों के बाकी एथलीट लगभग 28 से 30 साल के हैं। वे बहुत मजबूत खिलाड़ी हैं। कोकिला को उस स्तर तक पहुंचने और उन्हें हराने में अभी एक-दो साल और लगेंगे। पुरुषों के J1 70kg इवेंट में ब्रॉन्ज मेडल जीतने वाले कपिल परमार ने फाइनल में जगह न बना पाने के बाद अपने दृढ़ संकल्प के बारे में बताया। उन्होंने कहा कि इस बार मैंने 70 kg कैटेगरी में हिस्सा लिया था। सेमीफाइनल में मैं एक इंडोनेशियाई एथलीट से हार गया था, लेकिन फिर हमने ब्रॉन्ज मेडल के लिए और भी कड़ी मेहनत की। हमारे कोच ने कहा था कि हम खाली हाथ वापस नहीं जा सकते। हमने बहुत मेहनत की थी, इसलिए हमें ब्रॉन्ज मेडल चाहिए था। आखिरकार, मैंने कुछ ही मिनटों में इंडोनेशियाई खिलाड़ी को हराकर ब्रॉन्ज मेडल हासिल कर लिया।
PC: navarashtra वैभव सूर्यवंशी के फैंस के लिए अच्छी खबर है। इशान किशन की चोट की वजह से, वैभव के न्यूजीलैंड के खिलाफ दूसरे T20I के लिए फाइनल 11 में शामिल होने की संभावना है। पहले T20I के बाद बैटिंग कोच सीतांशु कोटक ने यह घोषणा की। यह खबर सुनकर इस 15 साल के विस्फोटक बल्लेबाज के फैंस बहुत उत्साहित थे। वैभव 24 फरवरी को खेले जाने वाले दूसरे मैच में खेलेंगे! सीरीज का दूसरा मैच 24 फरवरी को क्राइस्टचर्च में खेला जाएगा, जहां पहला T20I खेला गया था और इसे जीतने के लिए भारत को T20 इतिहास का सबसे बड़ा टारगेट चेज करना था। RevSportz के एक सवाल का जवाब देते हुए, भारतीय बैटिंग कोच ने साफ किया: इशान किशन को हैमस्ट्रिंग में मामूली चोट है, यही वजह है कि तिलक वर्मा को बैटिंग ऑर्डर में तीसरे नंबर पर प्रमोट किया गया है। एहतियात के तौर पर, इशान के दूसरे T20I में खेलने की संभावना नहीं है। अगर ईशान नहीं खेलते हैं, तो वैभव सूर्यवंशी के खेलने का अच्छा चांस है। ईशान पांचवें नंबर पर अच्छा नहीं कर पाए पहले बैटिंग के लिए बुलाए जाने पर, न्यूज़ीलैंड ने ग्लेन फिलिप्स की ज़बरदस्त हाफ सेंचुरी की मदद से इंडिया के खिलाफ़ अपना सबसे बड़ा T20I स्कोर 225/4 बनाया। जवाब में, संजू सैमसन और अभिषेक शर्मा ने इंडिया को वैसी शुरुआत दी जैसी उसे चाहिए थी। हालांकि, अभिषेक के आउट होने के बाद, ईशान की जगह तीसरे नंबर पर बैटिंग करने आए तिलक वर्मा को देखकर सब हैरान रह गए; तिलक आमतौर पर चौथे नंबर पर बैटिंग करते हैं। अपनी नई पोज़िशन पर, वह 11 बॉल पर सिर्फ़ 6 रन बनाकर आउट हो गए। अब प्रेशर इंडिया पर था। ईशान पांचवें नंबर पर बैटिंग करने आए और तीन बॉल पर सिर्फ़ एक रन बनाकर आउट हो गए। गंभीर और अय्यर पहले ही कह चुके हैं कि वैभव को इंतज़ार करना होगा हेड कोच गौतम गंभीर अक्सर कहते रहे हैं कि अभिषेक शर्मा और संजू सैमसन की ओपनिंग जोड़ी ने इंडिया को T20 वर्ल्ड कप जिताया था और इस चैंपियन जोड़ी को बदला नहीं जाएगा। वैभव अभी सिर्फ़ 15 साल के हैं और उन्हें कई मौके मिलेंगे। इसके अलावा, कप्तान श्रेयस अय्यर ने 21 अक्टूबर को पहले T20I से एक दिन पहले कहा था कि वैभव को प्लेइंग 11 में जगह पाने के लिए इंतज़ार करना होगा। लेकिन, अब जब ईशान चोटिल हैं, तो उनके पास अच्छा मौका है। वैभव सूर्यवंशी ने इंग्लैंड दौरे पर डेब्यू किया वैभव सूर्यवंशी के इंटरनेशनल डेब्यू के बाद से, भारत ने 22 T20I खेले हैं, लेकिन उन्हें उनमें से सिर्फ़ आठ में ही शामिल किया गया है। IPL 2026 में शानदार प्रदर्शन के बाद, वैभव सूर्यवंशी को पहली बार UK दौरे पर भारतीय टीम में शामिल किया गया था। उन्होंने आयरलैंड में अपने मौके का इंतज़ार किया, लेकिन आख़िरकार उन्हें इंग्लैंड में मौका मिला। वैभव इंग्लैंड की तेज़ और उछाल वाली पिचों पर इंग्लिश तेज़ गेंदबाज़ों का सामना नहीं कर पाए। वह तीन मैचों में सिर्फ़ 42 रन बना सके, लेकिन ज़िम्बाब्वे में अपनी अगली सीरीज़ में, उन्होंने अपनी फ़ॉर्म वापस पा ली और तीन मैचों में दो हाफ़-सेंचुरी लगाईं। लेकिन, भारत के घर लौटने पर, 15 साल के इस खिलाड़ी को बेंच पर बैठा दिया गया और संजू सैमसन और अभिषेक शर्मा के साथ पारी की शुरुआत करने के लिए फिर से नियुक्त किया गया।
यूएस जीपी से पहले बोले मैक्स वेरस्टैपेन 'आपको ट्रैक को पूरी तरह से खोलना होगा'
नई दिल्ली, रेड बुल ड्राइवर मैक्स वेरस्टैपेन ने वीकेंड के यूनाइटेड स्टेट्स ग्रैंड प्रिक्स से पहले ऑस्टिन ट्रैक पर बम्प्स की बुराई करते हुए कहा कि उन्हें बम्प्स मंजूर नहीं हैं।
भारत के संदीप और हानी ने एशियाई पैरा खेलों में शुक्रवार को क्रमश: पुरूषों की 400 मीटर टी64 फाइनल और पुरूषों की भालाफेंक एफ37 /38 स्पर्धा में विश्व रिकॉर्ड के साथ स्वर्ण पदक जीते।
तेज गेंदबाज तस्कीन अहमद की बांग्लादेश टेस्ट टीम में वापसी हो गई है। वे वेस्टइंडीज के खिलाफ पहले टेस्ट मैच में उतरेंगे। 31 साल के तस्कीन को अफगानिस्तान के खिलाफ एकमात्र टेस्ट से आराम दिया गया था। बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड ने शुक्रवार (23 अक्टूबर) को वेस्टइंडीज से पहले टेस्ट के लिए 15 सदस्यीय टीम जारी की। यह मैच 28 अक्टूबर से मीरपुर के शेर-ए-बांग्ला नेशनल क्रिकेट स्टेडियम में खेला जाएगा। यह सीरीज ICC वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप का हिस्सा है। नाहिद राणा बाहर, लिटन दास की वापसी नाहिद राणा चोट की जांच के लिए इस समय ऑस्ट्रेलिया में हैं। पुरानी चोट के कारण वह पहले टेस्ट से बाहर हो गए हैं। उनके दूसरे टेस्ट तक लौटने की संभावना भी कम है। विकेटकीपर-बल्लेबाज लिटन दास टीम में उपलब्ध रहेंगे। वे कूल्हे की हड्डी की चोट के कारण UAE में हुई त्रिकोणीय सीरीज नहीं खेल पाए थे। चयनकर्ताओं ने तस्कीन अहमद के साथ हसन महमूद, इबादत हुसैन और शोरफुल इस्लाम को पेस अटैक में शामिल किया है। ताइजुल इस्लाम, मेहदी हसन मिराज और नईम हसन टीम के 3 स्पिनर हैं। बांग्लादेश की 15 सदस्यीय टीम नजमुल हुसैन शान्तो (कप्तान), शादमान इस्लाम, तंजीद हसन, मोमिनुल हक, मुशफिकुर रहीम, लिटन दास, तौहीद हृदोय, जाकर अली, मेहदी हसन मिराज (उपकप्तान), तैजुल इस्लाम, नईम हसन, हसन महमूद, तस्कीन अहमद, इबादत हुसैन और शोरफुल इस्लाम। ---------------------------------------- इंटरनेशनल क्रिकेट से जुड़ी यह खबर भी पढ़िए… इंडिया-ए के खिलाफ न्यूजीलैंड टीम जारी, 11 इंटरनेशनल खिलाड़ी शामिल; राइस मारियू कप्तान न्यूजीलैंड क्रिकेट ने इंडिया ए के खिलाफ 3 अनऑफिशियल टेस्ट मैचों की सीरीज के लिए टीम जारी कर ली है। इस टीम में 11 इंटरनेशनल खिलाड़ी शामिल किए गए हैं। यह सीरीज 24 अक्टूबर से शुरू होगी। इसका उद्देश्य 19 नवंबर से शुरू होने वाली सीनियर टीमों की 2 टेस्ट की सीरीज से पहले रेड-बॉल तैयारी करना है। पढ़ें पूरी खबर
अब कब होगा भारत बनाम न्यूजीलैंड के बीच दूसरा टी20 मुकाबला, मैच शुरू होने का वक्त भी नोट कर लीजिए
भारतीय क्रिकेट टीम के हौसले बुलंद हैं। पहले ही टी20 मैच में भारत ने न्यूजीलैंड को पटकनी दी है और अब दूसरे मैच की बारी है। जो 24 अक्टूबर को उसी क्राइस्टचर्च के मैदान पर होगा, जहां पहला मुकाबला खेला गया था।
भारतीय महिला क्रिकेट टीम की बल्लेबाज सब्बीनेनी मेघना ने क्रिकेट को अलविदा कह दिया। उन्होंने सभी फॉर्मेट से संन्यास ले लिया है। मेघना 2022 में कॉमनवेल्थ गेम्स में सिल्वर मेडल जीतने वाली भारतीय टीम का हिस्सा रही थीं।
मोना अग्रवाल ने जीता दूसरा गोल्ड: एशियन पैरा गेम्स
टोयोटा, भारतीय पैरा-शूटर मोना अग्रवाल ने आइची प्रीफ. जनरल शूटिंग गैलरी में महिलाओं की 50 मीटर राइफल 3 पोजीशन एसएच1 इवेंट में वर्ल्ड रिकॉर्ड बनाकर गोल्ड मेडल जीता।
संजू सैमसन और Abhishek Sharma के मानसिक नियंत्रण की Sitanshu Kotak ने की तारीफ
भारतीय बल्लेबाजी कोच सितांशु कोटक ने सलामी बल्लेबाज संजू सैमसन और अभिषेक शर्मा की जमकर तारीफ करते हुए शुक्रवार को यहां कहा कि ‘ताकत, प्रतिभा और इरादे’ के अलावा इन दोनों खिलाड़ियों का अपने दिमाग पर भी जबरदस्त नियंत्रण है। कोटक ने कहा कि 15 वर्षीय वैभव सूर्यवंशी को अंतिम एकादश में शामिल करने की सोशल मीडिया पर चल रही मांग के बावजूद टीम प्रबंधन ने जिस तरह से सैमसन और अभिषेक का समर्थन किया उसके लिए उसकी सराहना की जानी चाहिए। सूर्यवंशी को एशियाई खेलों के बाद खेलने का मौका नहीं मिला है लेकिन ईशान किशन के चोटिल होने के कारण न्यूजीलैंड के खिलाफ दूसरे टी20 मैच से बाहर हो जाने के बाद अब उन्हें मौका मिल सकता है। कोटक ने कहा, ‘‘इन तीनों सलामी बल्लेबाजों को लेकर सोशल मीडिया पर काफी अटकलें लगाई जा रही हैं। लोगों को समझना चाहिए कि टीम प्रबंधन के फैसले टीम के हित में होते हैं। लोगों की मर्जी के हिसाब से अंतिम एकादश का चयन नहीं किया जा सकता।’’कोटक ने सैमसन की विशेष रूप से प्रशंसा की, जिन्होंने लगातार अच्छा प्रदर्शन किया है। उन्होंने कहा, ‘‘‘संजू दमदार खिलाड़ी है। उन्होंने पहले मैच में जिस तरह से बल्लेबाजी थी वह काबिले तारीफ है। हमारे सामने बड़ा लक्ष्य था। अगर आप कभी खुद को एक बल्लेबाज की जगह रखकर सोचें कि आपको पहले दो ओवरों में तीन या चार छक्के लगाने हैं, तो आपको भी आउट होने का डर लगेगा।’’कोटक ने कहा, ‘‘अगर आप दो या तीन मैचों में जल्दी आउट हो जाते हैं तो आपको लगेगा कि आपको टीम से बाहर कर दिया जाएगा। लेकिन हमारे सलामी बल्लेबाजों ने अपनी इरादे दिखाए। उनका अपने दिमाग पर भी गजब का नियंत्रण है और वह निडर रवैया अपनाते हैं।’’
SL vs ENG: श्रीलंका ने वनडे इतिहास की दूसरी सबसे बड़ी जीत की दर्ज, अपने नाम की ये उपलब्धि
इंटरनेट डेस्क। श्रीलंका के बल्लेबाजों ने ट्राई सीरीज में इंग्लैंड के गेंदबाजों की रेल बना दी और एकदिवसीय क्रिकेट के इतिहास की दूसरी सबसे बड़ी जीत दर्ज की। जी हां इस मैच में पवन रत्नायके (130 रन) और दासुन शनाका (97 रन) शानदार पारियों के दम पर पाकिस्तान की मेजबानी में खेली जा रही वनडे ट्राई सीरीज के तीसरे मुकाबले में श्रीलंका ने वनडे इतिहास की दूसरी सबसे बड़ी जीत दर्ज की है। श्रीलंका ने इंग्लैंड के खिलाफ रावलपिंडी के मैदान पर खेले गए मुकाबले में 430 रनों के रिकॉर्ड चेज का पीछा सफलतापूर्वक किया। इस मैच में श्रीलंका ने दो विकेट से जीत दर्ज की। इंग्लैंड ने मैच में पहले बल्लेबाजी करते हुए कप्तान हैरी ब्रूक (202) की दोहरी शतकीय पारी के दम पर 50 ओवर्स में 429 रनों का स्कोर बनाया था। इसके बाद श्रीलंका की तरफ से पवन रत्नायके ने130 और दासुन शनाका ने 97 रनों की पारी खेली श्रीलंका को आसान जीत दिला दी। इस जीत से श्रीलंका ने भारतीय टीम को पीछे छोड़ दिया है। वह अब एकदिवसीय क्रिकेट में एशियाई टीम के तौर पर सर्वाधिक सफल रन चेज करने वाली टीम बन गई है। इससे पहले सितंबर महीने के आखिर में शुभमन गिल की कप्तानी वाली भारतीय टीम ने वेस्टइंडीज के खिलाफ वनडे सीरीज के दूसरे मुकाबले में 406 रनों का टारगेट हासिल किया था। PC- cricinfo.com
भारतीय महिला टीम की बल्लेबाज सब्बीनेनी मेघना ने संन्यास लिया, कहा- 'क्रिकेट हमेशा दिल में रहेगा'
भारतीय महिला क्रिकेट टीम की शीर्ष क्रम की बल्लेबाज रहीं सब्बीनेनी मेघना ने शुक्रवार को क्रिकेट को अलविदा कह दिया। उन्होंने सभी फॉर्मेट से संन्यास ले लिया है। मेघना 2022 में कॉमनवेल्थ गेम्स में सिल्वर मेडल जीतने वाली भारतीय टीम का हिस्सा रही थीं।
Cricket Records: वनडे में इन बल्लेबाजों ने जड़े दोहरे शतक, रोहित शर्मा के नाम सबसे बड़ा स्कोर; जानें भारतीय खिलाड़ियों का रिकॉर्ड
Ishan Kishan जांघ में खिंचाव के चलते New Zealand के खिलाफ दूसरे T20 से बाहर
भारतीय विकेटकीपर बल्लेबाज ईशान किशन दाहिने जांघ की मांसपेशियों में खिंचाव के कारण न्यूजीलैंड के खिलाफ शनिवार को दूसरा टी20 मैच नहीं खेल सकेंगे। भारत ने पहला मैच चार विकेट से जीता था। बीसीसीआई ने एक बयान में कहा ,‘‘ ईशान किशन दाहिने जांघ की मांसपेशियों में खिंचाव के कारण दूसरा टी20 मैच नहीं खेल सकेंगे। उन्हें पहले टी20 के दौरान यह खिंचाव आया था। बीसीसीआई की मेडिकल टीम उनकी स्थिति पर नजर रखे हुए है।’’बीसीसीआई ने यह नहीं बताया कि उन्हें फिट होने में कितना समय लगेगा। किशन पहले मैच में खास प्रभाव नहीं छोड़ पाए थे लेकिन यह 23 वर्षीय खिलाड़ी भारतीय बल्लेबाजी क्रम का महत्वपूर्ण सदस्य है। किशन के बाहर होने से 15 वर्षीय वैभव सूर्यवंशी के लिए अंतिम एकादश में शामिल होने का रास्ता खुल सकता है। सूर्यवंशी ने हाल में जापान में एशियाई खेलों के दौरान अंतिम एकादश में जगह बनाई थी लेकिन वह वेस्टइंडीज के खिलाफ श्रृंखला और न्यूजीलैंड के खिलाफ पहले मैच में नहीं खेल पाए थे। भारतीय कप्तान श्रेयस अय्यर ने मौजूदा श्रृंखला से पहले कहा था कि सलामी बल्लेबाज के रूप में संजू सैमसन और अभिषेक शर्मा अच्छा प्रदर्शन कर रहे हैं और ऐसे में सूर्यवंशी को अंतिम एकादश में शामिल करना आसान नहीं होगा। दूसरी तरफ न्यूजीलैंड के कप्तान मिचेल सैंटनर ने कहा था कि अगर सूर्यवंशी को मौका मिलता है तो उन्होंने इस युवा बल्लेबाज के लिए रणनीति तैयार कर रखी है।
अनाहत सिंह ने सेमीफाइनल में बनाई जगह: सिलिकॉन वैली स्क्वैश
रेडवुड सिटी, दुनिया की 15वें नंबर की खिलाड़ी भारत की अनाहत सिंह ने मिस्र की छठी सीड सलमा हैनी पर पांच गेम की रोमांचक जीत के साथ सिलिकॉन वैली ओपन स्क्वैश के सेमीफाइनल में जगह बना ली।
आइची-नागोया एशियन पैरा गेम्स में भारत ने 103 पदक जीतकर 2023 हांगझोऊ खेलों के 27 स्वर्ण पदकों की बराबरी कर ली है। 24 अक्टूबर को एक दिन की प्रतियोगिता बाकी है।
ईशान किशन दूसरे टी20 से बाहर, क्या वैभव सूर्यवंशी को मिलेगा मौका? प्लेइंग-11 पर बढ़ा सस्पेंस
बीसीसीआई के मुताबिक, ईशान किशन दाएं पैर की मांसपेशियों में हल्की चोट से जूझ रहे हैं। इसे लो-ग्रेड राइट एडडक्टर स्ट्रेन कहा जाता है। बोर्ड ने अपने बयान में बताया कि पहले टी20 मुकाबले के दौरान लगी चोट के कारण ईशान दूसरे मैच के लिए उपलब्ध नहीं रहेंगे। उनकी रिकवरी पर बीसीसीआई की मेडिकल टीम नजर रख रही है।
पांचवें दिन की धमाकेदार शुरुआत: एशियन पैरा गेम्स
नागोया, जापान के आइची-नागोया में खेले जा रहे एशियन पैरा गेम्स 2026 के पांचवें दिन (शुक्रवार) की शुरुआत भारतीय दल के लिए शानदार रही है।
श्रीलंका ने चेज किए 429 रन, भारत ने भी बना दिए 406 रन, फिर भी वर्ल्ड रिकॉर्ड तो कुछ और ही है
पाकिस्तान में चल रही ट्राई सीरीज में श्रीलंका क्रिकेट टीम ने इंग्लैंड के खिलाफ 429 रनों का सफलतापूर्वक पीछा किया। हालांकि अब से करीब 20 साल पहले बना वर्ल्ड रिकॉर्ड अभी तक बरकरार है।

