इंटरनेशनल क्रिकेट काउंसिल (ICC) के एंटी-करप्शन ट्रिब्यूनल ने अमेरिका के क्रिकेटर बोदुगुम अखिलेश रेड्डी पर क्रिकेट के सभी फॉर्मेट से 8 साल का प्रतिबंध लगाया है। ट्रिब्यूनल ने उन्हें आबू धाबी T10 लीग 2025 के दौरान मैच फिक्सिंग की कोशिश, दूसरे खिलाड़ी को फिक्सिंग के लिए उकसाने और जांच के दौरान मोबाइल से सबूत मिटाने का दोषी पाया। यह प्रतिबंध 21 नवंबर 2025 से प्रभावी माना जाएगा, जब उन्हें अस्थायी रूप से निलंबित किया गया था। ICC के मुताबिक, मामले की जांच एमिरेट्स क्रिकेट बोर्ड (ECB) की ओर से नियुक्त ICC के एंटी-करप्शन अधिकारियों (DACO) ने की थी। अमेरिका के लिए खेल चुके हैं 4 टी-20 मैच 26 साल के बोदुगुम अखिलेश रेड्डी ने अमेरिका की राष्ट्रीय क्रिकेट टीम के लिए अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर 4 टी20 मैच खेले हैं। उन्होंने नॉर्थ अमेरिका टी20 कप में केमैन आइलैंड्स के खिलाफ अमेरिका के लिए अपना इंटरनेशनल डेब्यू किया था। एक बल्लेबाज और पार्ट-टाइम गेंदबाज के रूप में खेलने वाले अखिलेश के नाम अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट में 1 विकेट दर्ज है। आबू धाबी T10 लीग में ICC की क्या भूमिका है? आबू धाबी T10 लीग का आयोजन एमिरेट्स क्रिकेट बोर्ड (ECB) करता है। टूर्नामेंट में भ्रष्टाचार रोधी नियमों को लागू करने और उनकी निगरानी की जिम्मेदारी आईसीसी के एंटी-करप्शन अधिकारियों (DACO) को सौंपी गई है। इसी अधिकार के तहत इस मामले की जांच और सुनवाई की गई। ------------------------------------------------- स्पोर्ट्स की यह खबर भी पढ़ें… ऑस्ट्रेलिया अंडर-19 टीम का भारत दौरा:भारतीय मूल के नील पटेल को 16 सदस्यीय टीम में मिली जगह क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया ने अगले महीने होने वाले भारत दौरे के लिए 16 सदस्यीय अंडर-19 पुरुष टीम का ऐलान कर दिया है। इस टीम में भारतीय मूल के न्यू साउथ वेल्स के खिलाड़ी नील पटेल को भी शामिल किया गया है। यह टीम भारत के खिलाफ राजकोट और अहमदाबाद में पांच मैचों की मल्टी-फॉर्मेट सीरीज खेलेगी। पूरी खबर
'सारा तंत्र उन्हें बचाने में लगा है', बृजभूषण सिंह को बरी किए जाने पर विनेश फोगाट ने जताया दुख
नई दिल्ली, 3 अगस्त (आईएएनएस)। दिल्ली की राउज एवेन्यू कोर्ट ने भारतीय कुश्ती संघ (डब्ल्यूएफआई) के अध्यक्ष बृजभूषण शरण सिंह को महिला पहलवानों से यौन उत्पीड़न मामले में बरी कर दिया है। कोर्ट के इस फैसले से भारतीय महिला पहलवान विनेश फोगाट ने अफसोस व्यक्त किया है। साथ ही, उन्होंने कहा कि पहलवानों की लड़ाई अभी जारी रहेगी और वह इस फैसले के खिलाफ अपील करेंगे।
नई दिल्ली, 3 अगस्त (आईएएनएस)। कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में भारत का प्रदर्शन ऐतिहासिक रहा। देश की झोली में कुल 39 मेडल आए। हालांकि, इस बार के कॉमनवेल्थ गेम्स में रेसलिंग और शूटिंग को शामिल नहीं किया गया, जिसमें आमतौर पर भारत के सबसे ज्यादा मेडल आते हैं। दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने इन खेलों के ना होने को लेकर नाराजगी जाहिर की थी और इसका पुरजोर विरोध करने की सलाह दी थी।
नई दिल्ली, 3 अगस्त (आईएएनएस)। कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में भारत का प्रदर्शन ऐतिहासिक रहा। देश ने 13 गोल्ड समेत कुल 39 मेडल अपने नाम किए। भारत ने जूडो में पहली बार दो गोल्ड मेडल जीते, तो मुक्केबाजों का प्रदर्शन भी यादगार रहा। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने मेडल जीतकर देश का मान बढ़ाने वाले खिलाड़ियों की जमकर सराहना की है।
WTC में इतिहास रचने से सिर्फ 157 रन दूर कप्तान शुभमन गिल, बनेंगे पहले भारतीय बल्लेबाज
वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप में भारतीय कप्तान शुभमन गिल इतिहास रचने की दहलीज पर हैं। श्रीलंका दौरे पर गिल बल्ले से कमाल करते हुए बड़ा मुकाम हासिल कर सकते हैं।
चेल्सी एफसी ने वैलेंटीन बारको को किया साइन
लंदन, चेल्सी एफसी ने आरसी स्ट्रासबर्ग से अर्जेंटीना के इंटरनेशनल खिलाड़ी वैलेंटीन बारको को साइन करने की पुष्टि की है।
8 विकेट लेने के बाद भी ड्रॉप! पाकिस्तानी टीम के फैसले ने चौंकाया
वेस्टइंडीज के खिलाफ दूसरे टेस्ट में 5 विकेट लेने वाले मोहम्मद अब्बास को बाहर कर पाकिस्तान ने सबको चौंका दिया. बाबर आजम ने पिच का हवाला दिया, लेकिन इस फैसले पर लगातार सवाल उठ रहे हैं.
लोकसभा अध्यक्ष ने की भारत के प्रदर्शन की तारीफ: सीडब्ल्यूजी 2026
नई दिल्ली, स्कॉटलैंड के ग्लासगो में आयोजित हुए कॉमनवेल्थ गेम्स-2026 में भारत का प्रदर्शन यादगार रहा।
नीरज चोपड़ा से भी बेहतर प्रदर्शन करने की गलती…रोहित ने बताया कैसे चुके CWG 2026 मेडल से
रोहित यादव ने स्वीकार किया कि कॉमनवेल्थ गेम्स के फाइनल में श्रीलंका के स्वर्ण पदक विजेता रमेश पथिरागे के बड़े थ्रो का पीछा करना और नीरज चोपड़ा से भी बेहतर प्रदर्शन करने की कोशिश करना गलती थी।
'अदालत के फैसले का बहुत दुख है, पहलवान लड़ाई जारी रखेंगे', बृजभूषण के बरी होने पर बोले बजरंग पूनिया
नई दिल्ली, 3 अगस्त (आईएएनएस)। भारतीय कुश्ती संघ (डब्ल्यूएफआई) के पूर्व अध्यक्ष बृजभूषण शरण सिंह को दिल्ली की राउज एवेन्यू कोर्ट ने महिला पहलवानों से यौन उत्पीड़न के मामले में बरी कर दिया। कोर्ट ने सबूतों का अभाव बताते हुए यह फैसला सुनाया। कोर्ट के इस निर्णय पर भारतीय पहलवान बजरंग सिंह पूनिया ने दुख जताया है।
'सिस्टम ने साथ नहीं दिया...' बृजभूषण के बरी होने पर विनेश का भावुक पोस्ट
अदालत का फैसला बृजभूषण शरण सिंह के पक्ष में आया है, लेकिन विनेश फोगाट और अन्य महिला पहलवानों ने साफ कर दिया है कि वे इस फैसले को उच्च अदालत में चुनौती देंगी. यानी भारतीय कुश्ती के सबसे चर्चित विवादों में से एक की कानूनी लड़ाई अभी पूरी तरह खत्म नहीं हुई है.
रवींद्र जडेजा लंका में 2 विकेट लेते ही करेंगे बड़ा कारनामा, वीरेंद्र सहवाग छूट जाएंगे पीछे!
भारत और श्रीलंका 15 अगस्त से टेस्ट सीरीज में आमने-सामने होंगे। 2 मैचों की टेस्ट सीरीज में रवींद्र जडेजा 2 विकेट लेते ही बड़ा मुकाम हासिल कर लेंगे।
बुमराह टेस्ट सीरीज से बाहर, डेब्यू करेंगे आकिब नबी
नई दिल्ली, भारतीय तेज गेंदबाज जसप्रीत बुमराह अपनी इंजरी से रिकवर न होने के कारण श्रीलंका के खिलाफ होने वाली दो मैचों की टेस्ट सीरीज से बाहर हो गए हैं। बुमराह की जगह पर जम्मू-कश्मीर के तेज गेंदबाज आकिब नबी को पहली बार भारतीय टेस्ट टीम में शामिल किया गया है।
राशिद खान ने 5 विकेट लेकर वर्ल्ड क्रिकेट में मचाया धमाल
राशिद खान अपनी गेंदबाजी से एक बार फिर क्रिकेट के मैदान पर अपनी छाप छोड़ी दी है. द हंड्रेड टूर्नामेंट में पांच विकेट लेकर उन्होंने कुछ ऐसा कर दिखाया जो आज से पहले किसी भी गेंदबाज ने नहीं किया था.
पाक क्रिकेटर ने किया रोहित-कोहली का समर्थन
2027 वनडे वर्ल्ड कप को लेकर रोहित शर्मा और विराट कोहली की भागीदारी पर सवाल उठ रहे हैं, क्योंकि तब उनकी उम्र क्रमशः 40 और 39 साल होगी। इस बीच पाकिस्तान के दिग्गज बल्लेबाज जहीर अब्बास ने दोनों का समर्थन करते हुए कहा कि फिटनेस और प्रदर्शन सबसे अहम हैं, उम्र नहीं।
कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 का रविवार को शानदार क्लोजिंग सेरेमनी के साथ समापन हुआ।
CWG में पाकिस्तान की फजीहत! बांग्लादेश का तो खाता भी नहीं खुला
ग्लासगो कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 पाकिस्तान के लिए किसी बुरे सपने से कम नहीं रहा. 21 खिलाड़ियों का दल भेजने के बावजूद पाकिस्तान सिर्फ एक कांस्य पदक जीत सका. यह पिछले 36 वर्षों में पाकिस्तान का सबसे खराब प्रदर्शन रहा, जिसने देश की खेल व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए.
राशिद खान ने 20 बॉल पर चटकाए 5 विकेट, एडन मारक्रम के धमाकेदार अर्धशतक पर फिरा पानी
राशिद खान इस वक्त द हंड्रेड में अपना जलवा दिखा रहे हैं। उन्होंने एमआई लंदन और मैनचेस्टर सुपर जायंट्स मैच में केवल 20 बॉल पर 5 विकेट लेकर अपनी टीम को जीत दिला दी।
राष्ट्रमंडल खेलों मे खिलाड़ियों का शानदार प्रदर्शन, राज्यसभा ने दी बधाई
नई दिल्ली, 3 अगस्त (आईएएनएस)। राज्यसभा के सभापति सीपी राधाकृष्णन ने राष्ट्रमंडल खेलों और राष्ट्रमंडल पैरा खेलों में भारतीय खिलाड़ियों के उत्कृष्ट प्रदर्शन की सराहना करते हुए पूरे भारतीय दल को बधाई दी। सोमवार को सदन में बोलते हुए उन्होंने कहा कि भारतीय खिलाड़ियों की उपलब्धियों ने देश का गौरव बढ़ाया है और यह भारतीय खेलों के लगातार बढ़ते स्तर का प्रमाण है।
मजदूर की बेटी बनी देश की शान, वर्ल्ड कुश्ती में जीता सिल्वर
भीलवाड़ा की मजदूर की बेटी संध्या विश्नोई ने अंडर-17 विश्व कुश्ती चैम्पियनशिप 2026 में सिल्वर मेडल जीतकर इतिहास रचा है. चोट के बावजूद फाइनल खेला, अब भारत के लिए गोल्ड जीतना है लक्ष्य.
इंग्लिश फुटबॉल के इतिहास में इस हफ्ते एक नया अध्याय जुड़ गया। 15 साल के जोसेफ जूनियर एंड्रयू गेब्रियल (जेजे गेब्रियल) मशहूर क्लब मैनचेस्टर यूनाइटेड (13 बार का प्रीमियर लीग चैम्पियन) की सीनियर टीम से खेलने वाले सबसे कम उम्र के खिलाड़ी बन गए हैं। स्पेनिश क्लब एटलेटिको मैड्रिड के खिलाफ प्री-सीजन मैच में उन्होंने यह कारनामा किया। एटलेटिको मैड्रिड के खिलाफ मैच में मैनचेस्टर यूनाइटेड की टीम बढ़त पर थी। मैच के 82वें मिनट में मैनेजर माइकल कैरिक ने 15 साल 299 दिन के गेब्रियल को मैदान पर उतारा। मैदान पर कदम रखते ही गेब्रियल ने क्लब के पूर्व गोलकीपर डेविड गास्केल का 70 साल पुराना रिकॉर्ड तोड़ दिया। गास्केल ने 1956 में 16 साल और 19 दिन की उम्र में डेब्यू किया था, जबकि गेब्रियल ने 16 साल का होने से पहले ही यह मुकाम हासिल कर लिया है। यह मैच मैनचेस्टर यूनाइटेड ने 2-1 से जीता। अक्टूबर 2010 में लंदन में जन्मे गेब्रियल अभी अपनी स्कूली पढ़ाई कर रहे हैं। उन्होंने पहली बार अप्रैल 2025 में सुर्खियां बटोरी थीं। तब उन्होंने महज साढ़े 14 साल की उम्र में लीड्स यूनाइटेड के खिलाफ अंडर-18 टीम के लिए अपना पहला मैच खेला और 25 मिनट के खेल में ही दो गोल दाग दिए थे। पिछले सीजन में उन्होंने अंडर-18 टीम के लिए बेहतरीन प्रदर्शन करते हुए 32 मैचों में 29 गोल किए। उनके इस प्रदर्शन से टीम एफए यूथ कप और प्रीमियर लीग अंडर-18 कप के फाइनल में पहुंची। उन्हें अंडर-18 ‘प्लेयर ऑफ द सीजन’ चुना गया। वह यह अवॉर्ड जीतने वाले क्लब के सबसे युवा खिलाड़ी हैं। गेब्रियल की प्रतिभा को देखते हुए क्लब के ‘डायरेक्टर ऑफ फुटबॉल’ जेसन विलकॉक्स ने पिछले साल उन्हें यूनाइटेड में बनाए रखने के लिए खुद पहल की थी। क्लब उन्हें लेकर कितना गंभीर है, इसका अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि पिछले साल दिसंबर में उन्हें क्लब के दिग्गज सर एलेक्स फर्ग्यूसन से मिलवाया गया था। हाल ही में नॉर्वे में रोसेनबोर्ग के खिलाफ मैच के लिए भी उन्हें सीनियर टीम के साथ ले जाया गया था। गेब्रियल अपनी तेज रफ्तार और बॉल कंट्रोल के लिए जाने जाते हैं। वह मूल रूप से विंगर (किनारे पर खेलने वाले) हैं, लेकिन अब कोच उन्हें सेंट्रल (बीच की) पोजीशन पर खेलने की ट्रेनिंग दे रहे हैं ताकि वह बड़े और मजबूत डिफेंडरों का डटकर सामना कर सकें। गेब्रियल इसी साल मार्च में भी सीनियर टीम के साथ ट्रेनिंग कर चुके हैं, लेकिन जब पिछला सीजन शुरू हुआ था, तब वे 15 साल के पूरे नहीं हुए थे और लीग नियमों के मुताबिक मुख्य मैचों में नहीं उतर सके। हालांकि, 6 अक्टूबर 2026 को वह 16 साल के हो रहे हैं और आगामी सीजन में प्रीमियर लीग खेलने के योग्य हैं।
Rohit Yadav ने नीरज चोपड़ा और रमेश पथिरागे से बेहतर प्रदर्शन की कोशिश को माना गलती
नयी दिल्ली, तीन अगस्त भारतीय भाला फेंक खिलाड़ी रोहित यादव ने सोमवार को स्वीकार किया कि राष्ट्रमंडल खेलों के फाइनल में श्रीलंका के स्वर्ण पदक विजेता रमेश पथिरागे के बड़े थ्रो का पीछा करना और नीरज चोपड़ा से भी बेहतर प्रदर्शन करने की कोशिश करना गलती थी। इस 27 वर्षीय खिलाड़ी ने 31 जुलाई को पुरुषों के भाला फेंक फाइनल में 81.56 मीटर के थ्रो के साथ सातवां स्थान हासिल किया। पथिरागे ने 89.75 मीटर के साथ स्वर्ण पदक जीता, जबकि भारत के नीरज चोपड़ा (85.83 मीटर) और यशवीर सिंह (85.41 मीटर) ने क्रमशः रजत और कांस्य पदक हासिल किए। यादव ने कहा कि दूसरे प्रयास में 81.56 मीटर का थ्रो करने के बाद उन्हें लगा कि वह पदक जीतने की अच्छी स्थिति में हैं, जिसके बाद उन्होंने अपने शेष चार प्रयासों में सब कुछ झोंक देने का फैसला किया। सोमवार को ग्लास्गो से लौटने के बाद रोहित ने पीटीआई से कहा, ‘‘मेरा दूसरा थ्रो लगभग 81 मीटर (81.56 मीटर) था और मुझे लगा कि मैं कम से कम शीर्ष आठ में तो जगह बना ही लूंगा। उसके बाद मैंने इसके बाद अपनी पूरी ताकत लगाने का फैसला किया।’’उन्होंने कहा, ‘‘मुझे लगा कि मैं रमेश के थ्रो की बराबरी कर सकता हूं। मैं सोच रहा था कि मैं उस मुकाम को हासिल कर सकता हूं जहां तक उस दिन नीरज भी नहीं पहुंच पाया था। इसी सोच के कारण मैं थोड़ा अति आत्मविश्वासी हो गया था।’’यादव अपने शेष प्रयासों में बेहतर प्रदर्शन नहीं कर सके। उनके तीसरे और पांचवें प्रयास फाउल रहे, जबकि उन्होंने अपने चौथे और छठे प्रयास में क्रमशः 73.70 मीटर और 79.55 मीटर का थ्रो किया।
मीराबाई चानू ने की केंद्रीय मंत्री किरेन रिजिजू से खास मुलाकात, भेंट की जर्सी
भारतीय स्टार वेटलिफ्टर मीराबाई चानू और मुख्य राष्ट्रीय वेटलिफ्टिंग कोच ने केंद्रीय संसदीय कार्य और अल्पसंख्यक मामलों के मंत्री किरेन रिजिजू से मुलाकात की। ग्लासगो में कॉमनवेल्थ गेम्स में अपना तीसरा गोल्ड मेडल जीतने के बाद उन्होंने मंत्री को भारतीय वेटलिफ्टिंग टीम के सभी खिलाड़ियों द्वारा साइन की गई जर्सी भेंट की।
चेल्सी एफसी ने अर्जेंटीना के खिलाड़ी वैलेंटीन बारको को किया साइन, 2033 तक का हुआ करार
चेल्सी एफसी ने आरसी स्ट्रासबर्ग से अर्जेंटीना के इंटरनेशनल खिलाड़ी वैलेंटीन बारको को साइन करने की पुष्टि की है। मिडफील्डर ने 2033 तक के लिए कॉन्ट्रैक्ट साइन किया है।
नई दिल्ली, 3 अगस्त (आईएएनएस)। स्कॉटलैंड के ग्लासगो में आयोजित हुए कॉमनवेल्थ गेम्स-2026 में भारत का प्रदर्शन यादगार रहा। भारत ने कुल 39 मेडल जीते, जिसमें 13 गोल्ड मेडल शामिल रहे। सदन में लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने देश के लिए मेडल जीतने वाले सभी खिलाड़ियों के प्रदर्शन की जमकर सराहना की और उन्हें बधाई दी।
Seema Kauliraman: पीएचडी शोध से खेल में मिलती है मदद, कांस्य पदक विजेता सीमा का बयान
नयी दिल्ली, तीन अगस्त राष्ट्रमंडल खेलों की महिला चक्का फेंक स्पर्धा में कांस्य पदक जीतने वाली सीमा कालीरमण ने कहा कि कल्पना और सकारात्मक आत्म-चर्चा पर डॉक्टरेट के उनके शोध विषय से उन्हें खेलों में काफी मदद मिलती है और इससे वह शारीरिक और मानसिक रूप से किसी भी चुनौती के लिए तैयार रहती हैं। सीमा हरियाणा के भिवानी स्थित चौधरी बंसी लाल विश्वविद्यालय से पीएचडी कर रही हैं। उन्होंने बताया कि उनका शोध अकादमिक क्षेत्र से परे उनकी दैनिक दिनचर्या का हिस्सा बन गया है। ग्लास्गो से घर लौटने के बाद 27 वर्षीय सीमा ने पीटीआई से कहा, ‘‘मेरे शोध का विषय है खेल प्रदर्शन पर कल्पना और सकारात्मक आत्म-चर्चा प्रशिक्षण का प्रभाव। यह सीधे तौर पर मेरे खेल से जुड़ा है और मैं इसके सिद्धांतों को स्वयं पर लागू करती हूं।’’उन्होंने कहा, ‘‘मैं प्रतियोगिता के दौरान शांत बने रहने, अपनी क्षमता बढ़ाने और मांसपेशियों की रिकवरी पर ध्यान देती हूं। मेरा पीएचडी शोध इन्हीं पहलुओं पर केंद्रित है और इससे मुझे बहुत मदद मिली है। हमें सकारात्मक परिणाम मिल रहे हैं।’’राष्ट्रमंडल खेलों में 58.65 मीटर के थ्रो के साथ कांस्य पदक जीतना सीमा के लिए एक उल्लेखनीय वापसी थी, क्योंकि वह 2025 एशियाई चैंपियनशिप में पोडियम से चूक गई थीं और केवल 16 सेंटीमीटर से चौथे स्थान पर रही थीं। सीमा ने कहा कि उनका पूरा ध्यान अब जापान में होने वाले एशियाई खेलों पर टिका है। उन्होंने कहा, ‘‘एशियाई खेलों में अब सिर्फ एक महीना बचा है। आराम करने का तो सवाल ही नहीं उठता। मेरा पूरा ध्यान अब एशियाई खेलों पर है।
Commonwealth Games 2030 के आयोजन के लिए Ahmedabad में पर्याप्त बुनियादी ढांचा: Sanghvi
(अपराजिता उपाध्याय)ग्लास्गो, तीन अगस्त गुजरात के उपमुख्यमंत्री हर्ष संघवी ने कहा कि 2030 में होने वाले राष्ट्रमंडल खेलों के लिए अहमदाबाद में पर्याप्त बुनियादी ढांचा मौजूद है और इसके साथ ही स्पष्ट किया कि भारत की मेजबानी में दूसरी बार होने वाले यह खेल सुगमता और स्थिरता के मामले में नए मानदंड स्थापित करेंगे। अहमदाबाद 2030 में राष्ट्रमंडल खेलों के 100 साल पूरे होने पर इन खेलों की मेजबानी करेगा। इस तरह से दो दशक के बाद इन खेलों की भारत में वापसी होगी। भारत ने आखिरी बार 2010 में नयी दिल्ली में इन खेलों का आयोजन किया था। राज्य में खेल मंत्रालय का प्रभार भी संभाल रहे संघवी ने कहा कि अहमदाबाद का सबसे बड़ा ध्यान यह सुनिश्चित करने पर होगा कि खेल पैरा खिलाड़ियों के लिए पूरी तरह से समावेशी हों। उन्होंने रविवार को कहा, ‘‘पैरा खिलाड़ियों के लिए अहमदाबाद एक नया उदाहरण पेश करेगा। हम पहले से ही सभी होटलों को पैरा खिलाड़ियों के लिए सुलभ बना रहे हैं। हमारा लक्ष्य इसे पैरा खिलाड़ियों के लिए सबसे अनुकूल राष्ट्रमंडल खेल बनाना है।’’संघवी ने कहा कि इन खेलों का आयोजन पर्यावरण के अनुकूल बुनियादी ढांचे में किया जाएगा। उन्होंने कहा, ‘‘गुजरात भारत में हरित ऊर्जा का सबसे बड़ा उत्पादक है। अहमदाबाद सतत विकास के क्षेत्र में सर्वश्रेष्ठ मानक स्थापित करेगा। सभी स्थानीय परिवहन विद्युतचालित होंगे। फिलहाल यह लगभग 90 प्रतिशत विद्युतचालित है, लेकिन 2030 तक यह 100 प्रतिशत हो जाएगा।’’संघवी ने कहा कि शहर में खेलों की मेजबानी के लिए जरूरी बुनियादी ढांचा पहले से ही मौजूद है, जिसमें केवल कुछ सीमित सुधारों की जरूरत है। उन्होंने कहा, ‘‘हमारे पास आज भी राष्ट्रमंडल खेलों के आयोजन के लिए पर्याप्त बुनियादी ढांचा मौजूद है। अगर हम मौजूदा बुनियादी ढांचे के लगभग 20 प्रतिशत हिस्से का नवीनीकरण कर लें, तो हम खेलों की सफल मेजबानी कर लेंगे।’’संघवी ने कहा, ‘‘ अपनी शहरी विकास योजना के तहत हम खेलों के आधारभूत ढांचे को और विकसित कर रहे हैं। यह काम 2028 के अंत या 2029 की शुरुआत तक पूरा हो जाएगा। हम चाहें तो आज भी राष्ट्रमंडल खेलों का सफल आयोजन कर सकते हैं।’’उन्होंने कहा, ‘‘भविष्य में इन स्टेडियमों का उपयोग युवा खिलाड़ियों के प्रशिक्षण और खेल विज्ञान के विकास के लिए किया जाएगा।’’क्रिकेट को 2030 राष्ट्रमंडल खेलों में शामिल करने के बारे में संघवी ने कहा कि इसको लेकर राष्ट्रमंडल खेल संघ (कॉमनवेल्थ स्पोर्ट्स) के साथ बातचीत जारी है। उन्होंने कहा, ‘‘हम चाहते हैं कि क्रिकेट 2030 राष्ट्रमंडल खेलों का हिस्सा हो, लेकिन अंतिम निर्णय राष्ट्रमंडल खेल को लेना है। हम उनसे इस बारे में बातचीत कर रहे हैं।
सुनील छेत्री की टाटा समूह से गुहार, जमशेदपुर FC पर फैसला बदलें
भारतीय फुटबॉल के दिग्गज सुनील छेत्री ने टाटा समूह से जमशेदपुर एफसी को बंद करने के फैसले पर पुनर्विचार करने की अपील की है. छेत्री ने कहा कि टाटा समूह का भारतीय फुटबॉल से अलग होना खेल के लिए बड़ी क्षति होगी.
टीम इंडिया में चोटों से हड़कंप! BCCI सख्त, सपोर्ट स्टाफ पर लटकी तलवार
बीसीसीआई अब चोटों के मुद्दे पर कोई जोखिम नहीं लेना चाहता. माना जा रहा है कि श्रीलंका सीरीज समाप्त होने के बाद मेडिकल और फिटनेस विभाग की विस्तृत समीक्षा होगी. अगर इस समीक्षा के दौरान थोड़ी भी खामी नजर आई, तो भारतीय टीम के सपोर्ट स्टाफ में बड़े बदलाव देखने को मिल सकते हैं.
हर उस एथलीट पर गर्व है, जिन्होंने तिरंगे के सम्मान के लिए अपना सब कुछ झोंक दिया: मनसुख मांडविया
नई दिल्ली, 3 अगस्त (आईएएनएस)। कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में भारत का प्रदर्शन यादगार रहा। देश ने 13 गोल्ड समेत कुल 39 मेडल अपने नाम किए। केंद्रीय युवा मामले और खेल मंत्री मनसुख मांडविया ने भारतीय दल के ऐतिहासिक प्रदर्शन की जमकर तारीफ की है।
भारत के मिक्सड मार्शल आर्ट्स खिलाड़ी ओवैस याकूब ने शनिवार को बेहतरीन प्रदर्शन करते हुए दो बार के वर्ल्ड चैंपियन और अजेय फाइटर डेलियन जॉर्जीव को हराकर ऐतिहासिक जीत दर्ज की। जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने ओवैस याकूब को इस खास जीत के लिए बधाई दी है।
नयी दिल्ली, तीन अगस्त जमशेदपुर एफसी के खिलाड़ियों ने इस फुटबॉल क्लब के मालिक टाटा समूह से इंडियन सुपर लीग (आईएसएल) से हटने और सीनियर टीम को भंग करने के अपने फैसले पर पुनर्विचार करने की भावुक अपील की है। जमशेदपुर एफसी ने शुक्रवार को घोषणा की कि वह चार सितंबर से शुरू होने वाले आईएसएल से हट रही है। उसने आगामी सत्र के लिए भागीदारी शुल्क जमा करने की समय सीमा चूकने के कुछ ही घंटों बाद यह घोषणा की। इसके साथ ही उसने सीनियर टीम को भंग करने का फैसला भी किया। मिडफील्डर प्रणय हल्दर ने सोमवार को पीटीआई से कहा, ‘‘यह मेरे लिए चौंकाने वाली खबर थी। मुझे टाटा समूह से ऐसे फैसले की उम्मीद नहीं थी। मेरा उनसे विनम्र निवेदन है कि वे अपना फैसला बदलें और आईएसएल में भाग लें। क्योंकि यह पूरी पीढ़ी के लिए एक बहुत बड़ा मंच है।’’उन्होंने कहा, ‘‘क्लब से मेरी कई यादें जुड़ी हैं। मुझे उम्मीद है कि टाटा स्टील और टाटा समूह के प्रमुख अपने फैसले पर पुनर्विचार करेंगे।’’भारत के लिए एक मैच खेल चुके गोलकीपर अल्बिनो गोम्स ने हल्दर की बात से पूरी तरह सहमति जताई। उन्होंने कहा, ‘‘इस क्लब को बंद करना मुझे बिल्कुल भी स्वीकार्य नहीं है। मैं टाटा समूह से अपील करना हूं कि वे अपने फैसले पर पुनर्विचार करें। क्योंकि यह एक या दो साल की बात नहीं है, यह भारतीय फुटबॉल के भविष्य का सवाल है।’’मिडफील्डर निखिल बारला ने कहा, ‘‘ मैं टाटा समूह, टाटा स्टील के प्रमुख से अपील करना चाहता हूं कि वे अपने फैसले पर पुनर्विचार करें और युवा खिलाड़ियों के भविष्य के बारे में सोचें।
पंत के बाद अब कौन बनेगा LSG का कप्तान? इस स्टार ने तोड़ी चुप्पी
लखनऊ सुपर जायंट्स की कप्तानी को लेकर एडेन मार्करम ने बड़ा बयान दिया है. उन्होंने कहा कि कप्तान कौन बनेगा, इसका फैसला टीम मैनेजमेंट करेगा और उन्हें इस मुद्दे की कोई चिंता नहीं है.
भारत दौरे के लिए ऑस्ट्रेलियाई टीम का ऐलान, देखें फुल स्क्वॉड
भारत और ऑस्ट्रेलिया के बीच अंडर-19 मुकाबले भविष्य के स्टार खिलाड़ियों को पहचान दिलाने का मंच रहे हैं. दोनों देशों से कई क्रिकेटर अंडर-19 लेवल पर शानदार प्रदर्शन के बाद सीनियर टीम तक पहुंचे हैं. ऐसे में सितंबर में होने वाली यह सीरीज युवासितारों के लिए खुद को साबित करने का सुनहरा मौका देगी.
पाकिस्तान की दूसरे टेस्ट में भी हालत खराब, वेस्टइंडीज के जस्टिन ग्रीव्स ने फिर खड़ी की मुसीबत
पाकिस्तान और वेस्टइंडीज के बीच विश्व टेस्ट चैंपियनशिप के तहत दूसरा मैच शुरू हो चुका है। मैच के पहले ही दिन पाकिस्तान क्रिकेट टीम दबाव में नजर आ रही है। इस बीच जस्टिन ग्रीव्स जबरदस्त बल्लेबाजी कर रहे हैं।
'हमारे दल के प्रदर्शन पर गर्व है', पीएम मोदी ने CWG 2026 में भारतीय खिलाड़ियों के प्रदर्शन को सराहा
कॉमनवेल्थ गेम्स (सीडब्ल्यूजी) 2026 भारत के लिए यादगार रहा। रेसलिंग, बैडमिंटन और शूटिंग जैसे खेलों की गैरमौजूदगी के बावजूद देश की झोली में कुल 39 मेडल आए, जिसमें 13 गोल्ड शामिल रहे।
World Cup से पहले बड़ा खुलासा! इन 12 मैदानों पर कैसा रहा है भारत का प्रदर्शन, आंकड़े देख रह जाएंगे हैरान
शानदार क्लोजिंग सेरेमनी के साथ सीडब्ल्यूजी 2026 का समापन, भारत को सौंपी गई मेजबानी
कॉमनवेल्थ गेम्स (सीडब्ल्यूजी) 2026 का समापन रविवार को क्लोजिंग सेरेमनी के साथ हुआ।
PC: TV9 इंडियन टीम इस समय नए प्लेयर्स को मौके दे रही है, टीम में कई बदलाव हो रहे हैं। टीम इस बात पर ध्यान दे रही है कि हर सीरीज में नए प्लेयर्स को मौका देकर टीम की प्लानिंग को कैसे बेहतर बनाया जा सकता है। ऐसे में यह देखना ज़रूरी होगा कि जो प्लेयर्स लंबे समय से टीम से बाहर हैं, उन्हें टीम में फिर से मौका मिलेगा या नहीं। सभी को उम्मीद है कि कुछ बॉलर्स टीम में वापसी करेंगे। ऐसी ही एक मांग बहुत ज़ोरों पर थी कि भुवनेश्वर कुमार की टीम में फिर से एंट्री होगी, वहीं चर्चा थी कि BCCI भुवनेश्वर को फिर से मौका देगा, अब भुवनेश्वर कुमार ने इस पर अपनी चुप्पी तोड़ी है। लंबे समय से इंडियन क्रिकेट टीम से बाहर चल रहे तेज़ बॉलर भुवनेश्वर कुमार ने अब अपनी चुप्पी तोड़ी है। भुवनेश्वर ने कहा, अब मुझे इस बात से कोई फ़र्क नहीं पड़ता कि मैं इंडियन टीम में वापस आता हूं या नहीं। मैं अब सिर्फ़ प्यार के लिए खेल रहा हूं। भुवनेश्वर 2022 से इंडियन टीम से बाहर हैं। वह डोमेस्टिक क्रिकेट और IPL में ज़बरदस्त परफॉर्म कर रहे हैं। उन्होंने रॉयल चैलेंजर्स बैंगलोर को लगातार दो IPL टाइटल जिताने में अहम भूमिका निभाई। रविवार को RCB पॉडकास्ट पर बात करते हुए, भुवनेश्वर कुमार ने टीम इंडिया में अपनी वापसी के बारे में कहा, “मैंने इंडिया के लिए खेला है। यह कोई कमाई वाली चीज़ नहीं है। अगर मुझे दोबारा मौका मिलता है, तो यह बहुत अच्छा है, मैं अभी जो कुछ भी कर रहा हूं, वह खेल के प्यार के लिए कर रहा हूं। मुझे पता है कि मुझे डिसिप्लिन में रहना होगा। मैं डोमेस्टिक क्रिकेट खेल रहा हूं। मैं UP T20 लीग खेल रहा हूं। मैं यह पक्का करना चाहता हूं कि मैं लगातार क्रिकेट के टच में रहूं और साथ ही खुद को ठीक होने के लिए ज़रूरी आराम भी दूं।” भुवनेश्वर ने इंटरनेशनल क्रिकेट के अलावा अपनी ज़िंदगी में आगे बढ़ने में मदद करने के लिए अपने परिवार को धन्यवाद दिया। भुवी ने यह भी कहा, मैं शांत रहता हूं। यह मेरा नेचर है। और मैं इसका क्रेडिट अपने परिवार को देता हूं, जब हम घर पर होते हैं तो हम कभी क्रिकेट के बारे में बात नहीं करते। हम कभी इस बारे में बात नहीं करते कि मैं इंडियन टीम में वापसी करूंगा या नहीं, मुझे क्यों नहीं चुना गया या मैंने क्या गलत किया? हम घर पर इस बारे में कभी बात नहीं करते। मुझे अब अपने किसी भी काम का पछतावा नहीं है। जब आप टीम में खेल रहे होते हैं, तो आपको लगता है कि टीम को पहले आना चाहिए, लेकिन जब आप टीम से बाहर होते हैं, तो आपको लगता है, यार मैं टीम में क्यों नहीं हूं?
IND vs PAK: दुनिया के सामने फिर दिखा भारत का प्रदर्शन, पाकिस्तानी टीम को मिली करारी हार
PC: TV9 इंडिया और पाकिस्तान के बीच मैच फैंस के लिए एक ट्रीट है। इंडिया और पाकिस्तान के बीच इस शानदार मैच के लिए सभी फैंस बेताब हैं। ऐसा ही एक रोमांचक इंडिया-पाकिस्तान मैच कल हुआ। हमेशा की तरह, इंडियन टीम ने यह मैच जीत लिया। इंडियन टीम ने इस मैच में पाकिस्तान टीम को हराया, जाम्बिया में खेले जा रहे एशियन लेजेंड्स लीग 2026 के दूसरे सीजन में इंडिया और पाकिस्तान के बीच एक हाई-वोल्टेज मैच देखने को मिला। पूर्व लेजेंड्स से भरी इंडियन रॉयल्स टीम ने एक रोमांचक मैच में पाकिस्तान पैंथर्स को दो विकेट से हरा दिया। इंडिया की जीत के हीरो स्टार ऑलराउंडर ऋषि धवन रहे। धवन ने शानदार बॉलिंग की और मैच जिताने वाला हाफ सेंचुरी बनाई। इंडियन रॉयल्स के कैप्टन नमन ओझा ने टॉस जीतकर पहले बॉलिंग करने का फैसला किया। पहले बैटिंग करते हुए पाकिस्तान पैंथर्स ने 20 ओवर में छह विकेट के नुकसान पर 167 रन बनाए। पाकिस्तान के लिए कैप्टन इमरान नजीर सबसे ज्यादा आक्रामक रहे, उन्होंने 29 गेंदों में छह चौकों और तीन छक्कों की मदद से 47 रन बनाए। इस बीच, इबरार हुसैन ने 36 गेंदों में 39 रन और तौफीक उमर ने 23 गेंदों में उपयोगी 39 रन बनाए। इंडियन रॉयल्स के लिए शादाब जकाती और सुबोध भाटी ने दो-दो विकेट लिए, जबकि मनप्रीत गोनी और ऋषि धवन ने एक-एक विकेट लिया। 168 रनों के लक्ष्य का पीछा करते हुए इंडियन रॉयल्स की शुरुआत खराब रही। कप्तान नमन ओझा सिर्फ चार रन बनाकर आउट हो गए। असद पठान भी सिर्फ नौ रन बना सके। हालांकि, इसके बाद बल्लेबाजों ने संभलकर 17.3 ओवर में आठ विकेट खोकर लक्ष्य हासिल कर लिया। ऑलराउंडर ऋषि धवन ने शानदार पारी खेलते हुए 32 गेंदों में पांच चौकों और दो छक्कों की मदद से मैच जिताने वाले 50 रन बनाए। सुबोध भाटी ने भी बल्ले से दमदार प्रदर्शन किया और 29 गेंदों में तीन चौकों और चार छक्कों की मदद से 46 रनों की तेज पारी खेली। इस बीच, अभिषेक जलोटा के 19 गेंदों में 30 रन और फिर अनरीत सिंह के 4 गेंदों में नाबाद 12 रन ने टीम को जीत दिलाई। लीग 30 जुलाई को शुरू हुई थी और फाइनल मैच 10 अगस्त को खेला जाएगा। भारतीय टीम ने बांग्लादेश टाइगर्स को 19 रन से हराकर अपने अभियान की शुरुआत की और अब पाकिस्तान को हराकर टूर्नामेंट में अपनी लगातार दूसरी सफलता हासिल की है। इस बीच, पाकिस्तान पैंथर्स को लगातार दूसरी हार का सामना करना पड़ा।
धोनी नहीं, आशीष नेहरा हैं सबसे बड़े मास्टरमाइंड! इस क्रिकेटर ने बताई वजह
महेंद्र सिंह धोनी को क्रिकेट इतिहास के सबसे सफल कप्तानों और बेहतरीन रणनीतिकारों में गिना जाता है. ऐसे में धोनी के साथ लंबे समय तक खेलने वाले मोईन अली का आशीष नेहरा को उनसे भी बेहतर 'क्रिकेटिंग ब्रेन' बताना इस पूर्व तेज गेंदबाज के लिए बड़ी तारीफ माना जा रहा है. आशीष नेहरा की पहचान सिर्फ एक पूर्व तेज गेंदबाज की नहीं, बल्कि दुनिया के सबसे सम्मानित और रणनीतिक सोच रखने वाले क्रिकेट कोचों में भी होती है.
श्रीलंका दौरे के लिए भारतीय टीम में बड़ा बदलाव, BCCI ने किया जसप्रीत बुमराह के रिप्लेसमेंट का ऐलान
श्रीलंका दौरे के लिए BCCI ने बड़ा ऐलान किया है। श्रीलंका के खिलाफ 2 मैचों की टेस्ट सीरीज के लिए भारतीय टीम में बड़ा बदलाव किया गया है।
104 विकेट का इनाम! आकिब को पहली बार टीम इंडिया से बुलावा
इंग्लैंड के खिलाफ वनडे सीरीज में लगी बाएं घुटने की चोट से पूरी तरह फिट नहीं होने के कारण जसप्रीत बुमराह श्रीलंका के खिलाफ टेस्ट सीरीज से बाहर हो गए हैं. उनकी जगह जम्मू-कश्मीर के तेज गेंदबाज आकिब नबी को पहली बार भारतीय टेस्ट टीम में शामिल किया गया है.
भारतीय टेस्ट टीम में बड़ा बदलाव हुआ है। तेज गेंदबाज जसप्रीत बुमराह की जगह आकिब नबी को टीम में शामिल किया गया है। इससे पहले रविवार को मीडिया रिपोर्ट्स में दावा किया गया था कि तेज गेंदबाज जसप्रीत बुमराह घुटने की चोट से पूरी तरह नहीं उबर पाए हैं और वह सीरीज से बाहर हो गए हैं। रिपोर्ट्स के अनुसार, बुमराह को बाएं घुटने की परेशानी है। टीम प्रबंधन और BCCI ने उनके लंबे करियर को देखते हुए कोई जोखिम नहीं लेने का फैसला किया है। श्रीलंका के खिलाफ दो टेस्ट मैचों की सीरीज 15 अगस्त से गॉल में शुरू होगी। पहली बार टीम इंडिया में मौका 23 साल के आकिब नबी घरेलू क्रिकेट में जम्मू-कश्मीर का प्रतिनिधित्व करते हैं। उन्होंने रणजी ट्रॉफी 2025-26 में शानदार प्रदर्शन किया था और अब उन्हें पहली बार सीनियर भारतीय टीम में मौका मिलने जा रहा है। आकिब नबी का चयन पहली बार भारतीय टीम में हुआ है। वह परवेज रसूल और उमरान मलिक के बाद जम्मू-कश्मीर से भारत की सीनियर टीम में जगह बनाने वाले तीसरे खिलाड़ी है। BCCI ने दी जानकारी BCCI ने आधिकारिक तौर पर इस बदलाव की पुष्टि की है। हालांकि, बुमराह को टीम से बाहर करने या आकिब नबी को शामिल करने के पीछे के कारणों का विवरण अभी स्पष्ट नहीं किया गया है। टीम इंडिया के आगामी मैचों में अब आकिब नबी गेंदबाजी की कमान संभालते नजर आएंगे। हाल ही में इंडिया ए के साथ श्रीलंका दौरे पर थेआकिब नबी हाल ही में इंडिया ए टीम के साथ श्रीलंका दौरे पर भी गए थे। वहां उन्होंने दो प्रथम श्रेणी मैचों में छह विकेट अपने नाम किए थे। उनके लगातार अच्छे प्रदर्शन का इनाम अब सीनियर भारतीय टीम में चयन के रूप में मिला है। शुभमन गिल के नेतृत्व में उतरेगी टीमश्रीलंका दौरे पर भारतीय टेस्ट टीम की कमान शुभमन गिल संभालेंगे, जबकि केएल राहुल उपकप्तान होंगे। विकेटकीपर के रूप में ऋषभ पंत और ध्रुव जुरेल टीम का हिस्सा हैं। वहीं, साई सुदर्शन का चयन फिटनेस क्लीयरेंस मिलने पर निर्भर करेगा। इस टीम में रवींद्र जडेजा की भी वापसी हुई है। वहीं, मध्य प्रदेश के 33 साल के स्पिन ऑलराउंडर सारांश जैन टीम में नया चेहरा हैं। भारतीय टीम के लिए विश्व टेस्ट चैंपियनशिप फाइनल में पहुंचने के लिहाज से यह सीरीज जीतनी जरूरी है। भारत को साउथ अफ्रीका के खिलाफ पिछली घरेलू टेस्ट सीरीज में 2-0 से हार मिली थी। ------------------------------------------------ स्पोर्ट्स की यह खबर भी पढ़ें… जसप्रीत बुमराह श्रीलंका टेस्ट सीरीज से बाहर:घुटने की चोट से उबर नहीं पाए, 15 अगस्त से खेली जाएगी सीरीज भारत के तेज गेंदबाज जसप्रीत बुमराह श्रीलंका के खिलाफ होने वाली दो मैचों की टेस्ट सीरीज से बाहर हो गए हैं। सीरीज का पहला मैच 15 अगस्त से गॉल में खेला जाएगा। बुमराह बाएं घुटने की चोट से उबर रहे थे। बेंगलुरु में मौजूद BCCI के सेंटर ऑफ एक्सीलेंस में उनका रिहैबिलिटेशन चल रहा है। रिपोर्ट के मुताबिक बोर्ड की मेडिकल टीम ने उन्हें अभी वापसी न करने की सलाह दी है। उन्हें पूरी तरह ठीक होने तक आराम करने को कहा गया है। पूरी खबर
भारतीय टेस्ट टीम में बड़ा बदलाव हुआ है। तेज गेंदबाज जसप्रीत बुमराह की जगह आकिब नबी को टीम में शामिल किया गया है। इससे पहले रविवार को मीडिया रिपोर्ट्स में दावा किया गया था कि तेज गेंदबाज जसप्रीत बुमराह घुटने की चोट से पूरी तरह नहीं उबर पाए हैं और वह सीरीज से बाहर हो गए हैं। रिपोर्ट्स के अनुसार, बुमराह को बाएं घुटने की परेशानी है। टीम प्रबंधन और BCCI ने उनके लंबे करियर को देखते हुए कोई जोखिम नहीं लेने का फैसला किया है। श्रीलंका के खिलाफ दो टेस्ट मैचों की सीरीज 15 अगस्त से गॉल में शुरू होगी। 23 साल के आकिब नबी घरेलू क्रिकेट में जम्मू-कश्मीर का प्रतिनिधित्व करते हैं। उन्होंने रणजी ट्रॉफी 2025-26 में शानदार प्रदर्शन किया था और अब उन्हें पहली बार सीनियर भारतीय टीम में मौका मिलने जा रहा है। BCCI ने दी जानकारी BCCI ने आधिकारिक तौर पर इस बदलाव की पुष्टि की है। हालांकि, बुमराह को टीम से बाहर करने या आकिब नबी को शामिल करने के पीछे के कारणों का विवरण अभी स्पष्ट नहीं किया गया है। टीम इंडिया के आगामी मैचों में अब आकिब नबी गेंदबाजी की कमान संभालते नजर आएंगे।
नई दिल्ली: भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) आने वाले हफ्तों में टीम इंडिया की चोटों से जुड़ी समस्याओं का आकलन करने की तैयारी में है। टाइम्स ऑफ इंडिया की रिपोर्ट के मुताबिक, टीम मैनेजमेंट फिजियोथेरेपिस्ट कमलेश जैन के काम पर फीडबैक देगा। कमलेश 2022 में नितिन पटेल की जगह लेने के बाद से टीम के साथ जुड़े हुए हैं। पिछले कुछ महीनों में भारतीय खिलाड़ी लगातार चोटिल हो रहे हैं और जसप्रीत बुमराह इस बढ़ती सूची में नया नाम हैं। हर्षित राणा और नितीश कुमार रेड्डी भी चोट के कारण चयन के लिए उपलब्ध नहीं थे। वाशिंगटन सुंदर पहले टेस्ट से बाहर हैं और दूसरे टेस्ट में भी उनके खेलने पर संशय बना हुआ है। साई सुदर्शन को टीम में चुना गया है, लेकिन उनका खेलना BCCI सेंटर ऑफ एक्सीलेंस (CoE) से फिटनेस क्लीयरेंस मिलने पर निर्भर है। कप्तान और कोच नाखुश इंग्लैंड में हाल ही में हुई व्हाइट-बॉल सीरीज के दौरान इस विषय पर कई बार चर्चा हुई है। कप्तान शुभमन गिल और कोच गौतम गंभीर खिलाड़ियों के बार-बार चोटिल होने से नाखुश हैं। दोनों के लिए यह दौर निराशाजनक रहा है, क्योंकि उन्हें फिटनेस समस्याओं के कारण अपनी पहली पसंद की टीम के साथ खेलने का मौका नहीं मिला है। लॉर्ड्स में मिली हार के बाद गिल ने कहा था कि सुबह मैदान पर आकर यह पता चलना कि कोई खिलाड़ी चोटिल है, काफी मुश्किल होता है। उन्होंने कहा कि अगर कोई खिलाड़ी 80 फीसदी फिट है और आप पांच गेंदबाजों के साथ खेल रहे हैं, तो ऐसे में अगर वह खिलाड़ी पांच ओवर के बाद बाहर हो जाए, तो गेंदबाजी कौन करेगा। उन्होंने माना कि टीम को अपनी फिटनेस में सुधार करने की जरूरत है। CoE और सपोर्ट स्टाफ पर उठे सवाल इन चोटों को लेकर कई लोग CoE और हेड फिजियो कमलेश जैन की कार्यप्रणाली पर सवाल उठा रहे हैं। कई सीनियर खिलाड़ी अब BCCI सेटअप के बाहर के विशेषज्ञों से सलाह ले रहे हैं। कुछ खिलाड़ियों का मानना है कि पूर्व स्ट्रेंथ एंड कंडीशनिंग कोच सोहम देसाई से एड्रियन ले रोक्स के पास जाने का बदलाव उम्मीद के मुताबिक नहीं रहा है। मामले की जानकारी रखने वाले एक सूत्र ने सवाल उठाया कि हेड फिजियो कमलेश जैन और CoE के विशेषज्ञों की भूमिका जांच के दायरे में है। उन्होंने कहा कि कप्तान और कोच के लिए फुल स्ट्रेंथ प्लेइंग इलेवन चुनना मुश्किल हो रहा है। जब 15 खिलाड़ियों की टीम में भी पहली पसंद के खिलाड़ी नहीं होते, तो सही कॉम्बिनेशन के बारे में कैसे सोचा जा सकता है। जवाबदेही तय करने की मांग सूत्र ने आगे कहा कि हर स्थान के लिए इतनी प्रतिस्पर्धा है कि खिलाड़ी अपने शरीर पर दबाव डालते हैं। यहीं पर सपोर्ट स्टाफ और CoE को दखल देने की जरूरत है। उन्हें समय रहते चेतावनी देनी चाहिए और खिलाड़ियों को जल्दबाजी में मैदान पर नहीं उतारना चाहिए। यह स्थिति अब शर्मनाक होती जा रही है और हर संबंधित व्यक्ति को जवाबदेह ठहराया जाना चाहिए। सूत्र ने सवाल किया कि क्या नितीश रेड्डी अफगानिस्तान के खिलाफ तीसरा वनडे खेलते समय 100 फीसदी फिट थे? क्या हर्षित को जल्दबाजी में वापस लाया गया? ये कुछ ऐसे सवाल हैं जिनके जवाब मिलने जरूरी हैं। श्रीलंका सीरीज के बाद बड़े बदलाव के संकेत भारत का क्रिकेट कैलेंडर काफी व्यस्त है, जिसमें श्रीलंका के खिलाफ दो टेस्ट मैच शामिल हैं। इस सीरीज के खत्म होने के बाद BCCI हेड फिजियोथेरेपिस्ट और टीम डॉक्टर के पदों के लिए नए नामों पर विचार कर सकता है। फिलहाल कमलेश जैन और डॉ. रिजवान खान इन दो पदों पर काम कर रहे हैं।
चोट से वापसी की तैयारी के बीच तिरुपति पहुंचे हार्दिक पंड्या, तिरुमाला मंदिर में कराए मुंडन, गर्लफ्रेंड माहिका शर्मा भी रहीं साथ
कॉमनवेल्थ गेम्स : 70 गोल्ड के साथ ऑस्ट्रेलिया नंबर-1, भारत ने हासिल किया चौथा स्थान
मेडल टैली में पांचवें स्थान पर मौजूद स्कॉटलैंड कुल 39 पदकों और गोल्ड मेडल के मामले में भारत की बराबरी पर रहा। इस देश ने 13 गोल्ड, 9 सिल्वर और 17 ब्रॉन्ज जीते। वहीं, न्यूजीलैंड 10 गोल्ड, 14 सिल्वर और 12 ब्रॉन्ज जीतकर कुल 36 मेडल के साथ छठे स्थान पर रहा।
ऑस्ट्रेलिया अंडर-19 टीम का भारत दौरा:भारतीय मूल के नील पटेल को 16 सदस्यीय टीम में मिली जगह
क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया ने अगले महीने होने वाले भारत दौरे के लिए 16 सदस्यीय अंडर-19 पुरुष टीम का ऐलान कर दिया है। इस टीम में भारतीय मूल के न्यू साउथ वेल्स के खिलाड़ी नील पटेल को भी शामिल किया गया है। यह टीम भारत के खिलाफ राजकोट और अहमदाबाद में पांच मैचों की मल्टी-फॉर्मेट सीरीज खेलेगी। न्यू साउथ वेल्स के रहने वाले नील पटेल यूनिवर्सिटी ऑफ न्यू साउथ वेल्स क्रिकेट क्लब से खेलते हैं। उन्हें ऑस्ट्रेलिया के उभरते युवा खिलाड़ियों में गिना जाता है। राजकोट और अहमदाबाद में खेले जाएंगे मैच यह दौरा चार सप्ताह तक चलेगा। इसमें ऑस्ट्रेलिया की टीम भारत के खिलाफ तीन 50-ओवर के मैच और दो चार-दिवसीय मैच खेलेगी। ये मुकाबले 13 सितंबर से 9 अक्टूबर 2026 के बीच राजकोट और अहमदाबाद में आयोजित किए जाएंगे। इस टीम का चयन यूथ नेशनल सिलेक्शन पैनल ने किया है, जिसमें ऑस्ट्रेलिया के सबसे होनहार युवा खिलाड़ियों को जगह दी गई है। टिम नील्सन होंगे हेड कोच ऑस्ट्रेलियाई टीम के हेड कोच पूर्व क्रिकेटर टिम नील्सन होंगे। नील्सन फिलहाल डार्विन में बांग्लादेश के खिलाफ क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया इलेवन प्रोग्राम की देखरेख कर रहे हैं। क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया की नेशनल डेवलपमेंट हेड सोन्या थॉम्पसन ने कहा कि यह दौरा युवा खिलाड़ियों के विकास के लिए एक बेहतरीन मौका है। उन्होंने कहा कि भारत की चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों में खेलने से खिलाड़ियों की तकनीकी और मानसिक क्षमता का परीक्षण होगा। ऑस्ट्रेलियाई टीम में ये खिलाड़ी शामिल टीम में केसी बार्टन (तस्मानिया), हेडन बारबुलोविक (साउथ ऑस्ट्रेलिया), एली ब्रेन (क्वींसलैंड), विल बायरोम (न्यू साउथ वेल्स), ब्लेक कैटल (न्यू साउथ वेल्स), जैक जोस्नेक (विक्टोरिया), स्पेंसर ग्रीन (क्वींसलैंड), कॉनर ग्रेगरी (साउथ ऑस्ट्रेलिया), चार्ली हेंडरसन (क्वींसलैंड), जेड होलिक (वेस्टर्न ऑस्ट्रेलिया), मैथ्यू लॉफ (वेस्टर्न ऑस्ट्रेलिया), नील पटेल (न्यू साउथ वेल्स), जैकब पिट्ज (विक्टोरिया), पैट्रिक सुलिवन (विक्टोरिया), थियो त्सिंगोस (क्वींसलैंड) और थॉमस वासेओ (क्वींसलैंड) शामिल हैं। ----------------------------------------------- स्पोर्ट्स की यह खबर भी पढ़ें स्टइंडीज ने पहले दिन बनाए 239/5:ग्रीव्स-चेज की नाबाद साझेदारी; पाकिस्तान के स्पिनर्स को मिली सफलता, पेसर्स रहे बेअसर वेस्टइंडीज और पाकिस्तान के बीच पोर्ट ऑफ स्पेन के क्वीन्स पार्क ओवल में खेले जा रहे टेस्ट मैच के पहले दिन मेजबान टीम ने मजबूत शुरुआत की। बारिश और खराब रोशनी से प्रभावित दिन का खेल खत्म होने तक वेस्टइंडीज ने पहली पारी में 5 विकेट पर 239 रन बनाए। पूरी खबर
बाबर आजम ने रचा इतिहास, इमरान-मिस्बाह के क्लब में एंट्री
बाबर आजम बतौर कप्तान अपने 150वें मैच को यादगार बनाना चाहेंगे. पहले टेस्ट में मिली हार के बाद पाकिस्तान पर सीरीज बचाने का दबाव है. अगर बाबर बल्ले से बड़ी पारी खेलते हैं और टीम को जीत दिलाने में सफल रहते हैं, तो यह मुकाबला उनके करियर के सबसे यादगार मैचों में शामिल हो जाएगा.
कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 के दौरान भारतीय मुक्केबाज लवलीना बोर्गोहेन ने ग्लासगो के एक भारतीय रेस्टोरेंट में इस्तेमाल किए गए भारत के गलत नक्शे पर आपत्ति जताई।
धोनी नहीं बल्कि आशीष नेहरा को मोईन अली ने बताया क्रिकेट का सबसे तेज दिमाग, तारीफ में कह दी बड़ी बात
इंग्लैंड के पूर्व ऑलराउंडर मोईन अली ने आशीष नेहरा को अपने करियर का सबसे बेहतरीन क्रिकेटिंग ब्रेन बताया है। उन्होंने कहा कि नेहरा खेल की लगभग हर परिस्थिति को समझते हैं।
श्रीलंका टेस्ट सीरीज से बाहर हुए जसप्रीत बुमराह, चोट से उबरने के लिए BCCI ने दी आराम की सलाह
श्रीलंका टेस्ट सीरीज से बाहर हुए जसप्रीत बुमराह, चोट से उबरने के लिए BCCI ने दी आराम की सलाह
ग्लास्गो राष्ट्रमंडल खेलों के भव्य समापन समारोह के साथ ही खेल जगत में एक नए स्वर्णिम अध्याय की शुरुआत हो चुकी है। ग्लास्गो ने खेलों की आधिकारिक बैटन भारत को सौंपकर 2030 में होने वाले राष्ट्रमंडल खेलों के शताब्दी संस्करण (24वें संस्करण) के लिए अहमदाबाद आने का शानदार न्योता पूरी दुनिया को दे दिया है। समापन समारोह में रविवार को ग्लास्गो ने राष्ट्रमंडल खेलों की बैटन भारत को सौंपी। इससे पहले संगीत और नृत्य के ताने बाने में तैयार किये गए अद्भुत सांस्कृतिक कार्यक्रम ने भारत की पहचान ऐसे देश के रूप में रखी जहां परंपरा और आधुनिकता साथ में बसते हैं। इसे भी पढ़ें: ‘दिल्ली लक्ष्मी योजना’ दिल्ली में 1.45 लाख से अधिक महिलाओं ने कराया पंजीकरण किंग चार्ल्स तृतीय के प्रतिनिधि प्रिंस एडवर्ड (ड्यूक आफ एडिनबर्ग) ने खेलों के समापन की औपचारिक घोषणा की।उन्होंने कहा ,‘‘ जिस तरह से आपने प्रतिस्पर्धा की, खेलों का आयोजन किया और समर्थन किया , उसके लिये धन्यवाद। आपने आज एक बार फिर राष्ट्रमंडल की भावना और मूल्यों को जीवंत कर दिया। शुक्रिया ग्लास्गो।’’ उन्होंने कहा ,‘‘ मैं सभी देशों और प्रदेशों के खिलाड़ियों को भारत के अहमदाबाद आने का न्योता देता हूं जहां चार साल बाद 24वें राष्ट्रमंडल खेल होंगे जो इन खेलों का शताब्दी संस्करण भी है।’’ समापन समारोह में जैसमीन लंबोरिया भारत की ध्वजवाहक थी जिन्होंने महिला मुक्केबाजी 57 किलोवर्ग में स्वर्ण पदक जीता था। औपचारिक तौर पर ध्वज सौंपने का कार्यक्रम राष्ट्रमंडल खेलों के ध्वज की पूरे परिसर में सांकेतिक यात्रा के साथ शुरू हुआ। इसे भी पढ़ें: Punjab SIR: तीन अगस्त की समयसीमा से पहले पूरा हुआ डिजिटलीकरण स्कॉटलैंड और भारत के ध्वज वाहकों की अगुवाई में जुलूस ने गेम्स के मुड़े हुए झंडे को नीचे उतारा। इसके बाद ग्लास्गो की लॉर्ड प्रोवोस्ट जैकलीन मैकलारेन ने इसे राष्ट्रमंडल खेल स्कॉटलैंड की उपाध्यक्ष सुसान जैक्सन, स्कॉटिश नेटबॉल खिलाड़ी एमिली निकोल, कॉमनवेल्थ स्पोर्ट के अध्यक्ष डॉ. डोनाल्ड रुकारे, दो बार के ओलंपिक पदक विजेता नीरज चोपड़ा, भारतीय ओलंपिक संघ की अध्यक्ष पीटी उषा और आखिर में गुजरात के उप मुख्यमंत्री हर्ष संघवी को सौंपा। इसके साथ ही स्कॉटलैंड से भारत को मेजबानी की जिम्मेदारी आधिकारिक तौर पर सौंप दी गई।इसके बाद से समारोह भारत की सांस्कृतिक विरासत के जश्न में डूब गया। भारत की प्रस्तुति तीन खंडों में थी जिसमें दर्शकों को एक ऐसी यात्रा पर ले जाया गया जिसे आयोजकों ने साझा मूल्यों, संस्कृति और आपसी जुड़ाव का जश्न मनाने वाला बताया। इसकी थीम ‘वसुधैव कुटुम्बकम’ थी जो राष्ट्रमंडल के एकता और दोस्ती के आदर्शों के अनुरूप है। पहली प्रस्तुति में भारत के राष्ट्रगीत वंदेमातरम के 150 साल पूरे होने का जश्न मनाया गया और नृत्य की अगुवाई अभिनेत्री मानुषी छिल्लर ने की। शानदार डिजिटल दृश्यों के बीच सैकड़ों नर्तकों ने भारत की विविधता की एक जीवंत तस्वीर पेश की, जबकि गायक शंकर महादेवन के दिल को छू लेने वाले संगीत ने ऑर्केस्ट्रा की भव्यता को भारतीय संगीत परंपराओं के साथ मिलाया। इस प्रस्तुति का उद्देश्य भारत को एक ऐसी सभ्यता के रूप में प्रस्तुत करना था जो अपनी विविध भाषाओं, रीति-रिवाजों और कलात्मक परंपराओं के माध्यम से दुनिया का स्वागत करती है। एक विशेष रूप से निर्मित फिल्म के माध्यम से अंतर्राष्ट्रीय दर्शकों का अहमदाबाद से परिचय कराया गया।दूसरी प्रस्तुति भारत और स्कॉटलैंड के बीच सबसे मजबूत सेतु यानी संगीत पर आधारित थी। भारत के सितारवादक ऋषभ शर्मा और स्कॉटलैंड के संगीतकार रोस ऐंसली ने सितार और स्कॉटिश पाइप की इस अनूठीर सांस्कृतिक जुगलबंदी ने दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया। आखिरी प्रस्तुति में शंकर महादेवन अपने बेटो सिद्धार्थ और शिवम के साथ फिर मंच पर लौटे और भारत के कुछ सुपरहिट गीत पेश किये जिनमें ‘सुनो गौर से दुनिया वालों’, ‘भाग मिल्खा’, ‘ऐ वतन मेरे वतन’ और ‘लहरा दो ’ शामिल था। गुजराती पार्श्वगायिका भूमि त्रिवेदी ने मेजबान प्रदेश की ओर से खास प्रस्तुति दी। ग्लास्गो ने विदाई समारोह में स्कॉटिश संगीत, कविता और नृत्य के कार्यक्रम पेश किये।
Commonwealth Games 2026 में भारत पदक तालिका में चौथे स्थान पर रहा, आस्ट्रेलिया शीर्ष पर
ग्लास्गो, दो अगस्त ग्लास्गो राष्ट्रमंडल खेलों में ऐसे कई खेल नहीं थे जिनमें भारत सबसे प्रबल दावेदार था लेकिन इसके बावजूद भारतीय दल ने राष्ट्रमंडल खेल 2026 से शानदार प्रदर्शन के साथ विदा ली और 39 पदकों के साथ चौथे स्थान पर रहे। भारत ने 13 स्वर्ण, 17 रजत और नौ कांस्य पदक जीते। आस्ट्रेलिया 70 स्वर्ण समेत 171 पदक जीतकर शीर्ष रहा जबकि इंग्लैंड ने 110 और कनाडा ने 62 पदक जीते। मेजबान स्कॉटलैंड 39 पदक जीतकर पांचवें स्थान पर रहा। भारतीय खिलाड़ियों ने 11 दिन तक चले खेलों में मुक्केबाजी, एथलेटिक्स , जूडो, पैरा खेलों और भारोत्तोलन में बेहतरीन प्रदर्शन करके साबित कर दिया कि भारत राष्ट्रमंडल खेल महाशक्तियों में से एक है। मुक्केबाजों ने सात स्वर्ण और तीन रजत समेत दस पदक जीते। जूडो खिलाड़ियों ने भी जबर्दस्त प्रदर्शन करके पदक जीते। निशानेबाजी, बैडमिंटन, कुश्ती, हॉकी और टेबल टेनिस जैसे खेल नहीं होने से भारत के पदकों की संख्या कम हुई है लेकिन बाकी खेलों में भी भारतीय खिलाड़ियों ने अपना लोहा मनवाया। कुछ घटनाओं ने निराश भी किया जैसे खेलों से पहले ही जूडो खिलाड़ी तूलिका मान डोपिंग रोधी नियमों के तहत ठिकाने का पता बनाने में तीन बार नाकाम रहने के कारण अस्थायी तौर पर निलंबित हो गई और खेलों में हिस्सा नहीं ले पाई। ग्लास्गो से विदा लेने के बाद अब नजरें अहमदाबाद पर होंगी जहां 2030 में खेल होने हैं।
West Indies और पाकिस्तान के बीच पोर्ट ऑफ स्पेन में खेले जा रहे दूसरे टेस्ट का हाल
पोर्ट ऑफ स्पेन, दो अगस्त (एपी) ब्रैंडन किंग की आक्रामक बल्लेबाजी से वेस्टइंडीज ने पाकिस्तान के खिलाफ दूसरे और अंतिम टेस्ट मैच के बारिश से प्रभावित पहले दिन रविवार को तेज शुरुआत करते हुए लंच तक 9.5 ओवर में एक विकेट पर 49 रन बना लिये। किंग 27 गेंदों में सात चौकों की मदद से 33 रन बनाकर नाबाद लौटे। उनके सात चौकों में से छह पदार्पण कर रहे तेज गेंदबाज उबैद शाह के खिलाफ आए। पाकिस्तान को एकमात्र सफलता बारिश से ठीक पहले मिली, जब तेगनारायण चंद्रपॉल (15) मोहम्मद अली की शॉर्ट गेंद पर पुल शॉट खेलते हुए साजिद खान के हाथों कैच आउट हो गए। उबैद अपनी लाइन और लेंथ से जूझते नजर आए और किंग ने उनके एक ही ओवर में तीन चौके जड़ दिए। शाह और उबैद दोनों ने शुरुआती मौके बनाए, लेकिन चंद्रपॉल और किंग के बल्ले का बाहरी किनारा स्लिप क्षेत्र में क्षेत्ररक्षण नहीं होने के कारण चार रन के लिए निकल गया। बाएं हाथ के स्पिनर अली उस्मान ने शुरुआती स्पेल में अच्छी गेंदबाजी कर प्रभावित किया। इससे पहले शुरुआती टेस्ट में 90 रन से जीत दर्ज करने वाली वेस्टइंडीज ने अपनी विजयी एकादश में कोई बदलाव नहीं किया। कप्तान रोस्टन चेज ने क्वींस पार्क ओवल में लगातार दूसरी बार टॉस जीतकर बादल छाए रहने के बावजूद पहले बल्लेबाजी का फैसला किया। पाकिस्तान ने हैरानी भरा फैसला लेते हुए पहले टेस्ट में आठ विकेट लेने वाले अपने प्रमुख तेज गेंदबाज मोहम्मद अब्बास को बाहर रखा और उबैद को टेस्ट पदार्पण का मौका दिया गया। पाकिस्तान ने अपनी टीम में कुल चार बदलाव किए हैं। पहले टेस्ट में शतक लगाने वाले शान मसूद बाएं हाथ की अंगुली में फ्रैक्चर के कारण बाहर हो गए हैं। उनकी जगह अब्दुल्ला शफीक को टीम में शामिल किया गया है।
ग्लास्गो से भारत के नाम हुआ कॉमनवेल्थ गेम्स का झंडा, अहमदाबाद 2030 की उलटी गिनती शुरू
ग्लास्गो कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 का समापन रंगारंग समारोह के साथ हुआ, जिसमें स्कॉटलैंड ने कॉमनवेल्थ गेम्स का ध्वज और बैटन भारत को सौंप दिया।
कॉमनवेलथ गेम्स 2026 के महिला पैरा शॉट पुट F57 इवेंट में गोल्ड मेडल जीतने वालीं शर्मिला धनखड़ की जिंदगी में एक समय ऐसा भी आया था, जब उन्होंने गेम्स से दूरी बनाने का फैसला कर लिया था। बस उन्होंने आखिरी बार अपनी मां से इसका जिक्र कर लिया। शर्मिला ने अपनी मां संतोष से कहा था कि मेडल तो आया नहीं, आगे प्रैक्टिस के दौरान अगर कोई इंजरी आ गई और खेल नहीं पाई तो क्या होगा। जिस पर शर्मिला की दृष्टिहीन मां संतोष ने कुछ ऐसा कहा कि दिव्यांग शर्मिला फिर से मैदान पर जुट गईं। शर्मिला की मां ने कहा था कि मैं अपने हिस्से की जमीन भी बेच दूंगी तू बस खेलती रह। जिसके बाद शर्मिला ने खेल को जारी रखा। दरअसल, अपने हिस्से की जमीन बेच चुकीं शर्मिला धनखड़ की 2022 कॉमनवेल्थ में चौथा स्थान आने पर आर्थिक स्थिति खराब हो गई थी। क्योंकि चौथे स्थान के कारण उसे सरकारी तौर पर कोई सहायता राशि नहीं मिल सकती थी। आर्थिक तौर पर सक्षम नहीं होने और पहले ही काफी खर्चा होने के कारण गेम्स छोड़ने का विचार उनके दिल में आ गया था। अब गोल्ड जीतने के बाद शर्मिला और उनकी मां के साथ दैनिक भास्कर ने बातचीत की। आइए, पढ़िए खास बातचीत… पहले देखिए शर्मिला के कुछ PHOTOS शर्मिला ने बताया हार के बाद कैसे कमबैक किया… शर्मिला की मां से कॉल, बोलीं-अब मेरा दूसरा जन्म ग्लास्गो में जीत के बाद शर्मिला ने अपनी मां संतोष को कॉल किया। जिसमें मां से पूछा कि अब तो खुश होगी मां, तो उन्होंने जवाब दिया अब तो पूरा गांव खुश है बेटी। जिसके बाद संतोष ने शर्मिला से कहा कि अब मेरा नया जन्म हो गया है। शर्मिला की मां संतोष के अनुसार खिलाड़ी को तो पैसे की दिक्कत होती है, हमने कुछ जमीन बेच कर शर्मिला पर लगाया है तो कुछ ब्याज पर लेकर लगाया है। लेकिन अब शर्मिला ने मेडल जीतकर सभी कष्ट को दूर कर दिया है। अब जानिए शर्मिला के पैरा एथलीट बनने का सफर…
RCB के स्टार बॉलर Bhuvneshwar Kumar का बड़ा खुलासा!
भारतीय तेज गेंदबाज भुवनेश्वर कुमार ने कहा कि अब उनका पूरा ध्यान क्रिकेट का आनंद लेने पर है, न कि टीम इंडिया में वापसी की चिंता पर. उन्होंने बताया कि भारत के लिए खेलने का सपना वह पहले ही पूरा कर चुके हैं. शानदार आईपीएल प्रदर्शन के बावजूद उनका कहना है कि अगर दोबारा मौका मिला तो खुशी होगी, लेकिन यही अब उनका लक्ष्य नहीं है.
कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में 13 गोल्ड मेडल के साथ भारत चौथे पायदान पर रहा। यह चौथा मौका है जब भारत ने इस पोजिशन पर रहते हुए इन खेलों का अंत किया। भारत का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन 2010 दिल्ली कॉमनवेल्थ गेम्स में आया था।
भारत दौरे के लिए ऑस्ट्रेलिया ने किया अंडर-19 टीम का ऐलान, राजकोट और अहमदाबाद में खेले जाएंगे मुकाबले
क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया ने भारत दौरे के लिए 16 सदस्यीय अंडर-19 टीम की घोषणा कर दी है। यह टीम 13 सितंबर से 9 अक्टूबर तक राजकोट और अहमदाबाद में भारत अंडर-19 के खिलाफ तीन वनडे और दो चार दिवसीय मैच खेलेगी।
CWG 2026 Medal Tally: किस देश ने जीते कितने पदक और भारत किस स्थान पर रहा? देखें पूरी लिस्ट
CWG 2026 Medal Tally: ग्लास्गो 2 अगस्त को समाप्त हुए कॉमनवेल्थ गेम्स में भारत सबसे ज्यादा पदक जीतने वाला चौथा देश बना, जबकि ऑस्ट्रेलिया और इंग्लैंड ने इन खेलों में पदकों का शतक लगाया।
वेस्टइंडीज और पाकिस्तान के बीच पोर्ट ऑफ स्पेन के क्वीन्स पार्क ओवल में खेले जा रहे टेस्ट मैच के पहले दिन मेजबान टीम ने मजबूत शुरुआत की। बारिश और खराब रोशनी से प्रभावित दिन का खेल खत्म होने तक वेस्टइंडीज ने पहली पारी में 5 विकेट पर 239 रन बनाए। जस्टिन ग्रीव्स अर्धशतक लगाकर नाबाद लौटे। उनके साथ कप्तान रोस्टन चेज भी क्रीज पर मौजूद हैं। दोनों के बीच छठे विकेट के लिए 66 रन की साझेदारी हो चुकी है। पाकिस्तान की ओर से स्पिनरों ने शुरुआती सफलता दिलाई, लेकिन निचले क्रम ने टीम की वापसी नहीं होने दी। अब्बास को बाहर रखने पर उठे सवाल, ओपनर्स ने दिलाई तेज शुरुआत मैच से पहले पाकिस्तान ने अनुभवी तेज गेंदबाज मोहम्मद अब्बास को प्लेइंग-11 में शामिल नहीं किया। इस फैसले पर पूर्व खिलाड़ियों और विशेषज्ञों ने सवाल उठाए। वेस्टइंडीज के ओपनर्स ने इसका फायदा उठाते हुए 9.5 ओवर में 49 रन जोड़ दिए। हालांकि, बारिश से पहले आखिरी गेंद पर मोहम्मद अली ने तागेनरायन चंद्रपॉल को फाइन लेग पर कैच कराकर पाकिस्तान को पहली सफलता दिलाई। बारिश के बाद स्पिनर्स ने बदला मैच का रुख बारिश के बाद पिच से स्पिनरों को मदद मिलने लगी। कप्तान बाबर आजम ने अली उस्मान और साजिद खान को आक्रमण पर लगाया। अली उस्मान ने ब्रैंडन किंग को एलबीडब्ल्यू आउट कर टेस्ट करियर का पहला विकेट हासिल किया। इसके बाद साजिद खान ने कावेम हॉज को विकेटकीपर मोहम्मद रिजवान के हाथों कैच कराया। दोनों फैसलों में पाकिस्तान ने सफल डीआरएस लिया। उबेद शाह को मिला पहला टेस्ट विकेट शाई होप और अमिर जांगू ने चौथे विकेट के लिए तेजी से रन जोड़े और पाकिस्तान पर दबाव बनाए रखा। होप ने कवर के ऊपर शानदार छक्का भी लगाया। इसके बाद डेब्यू कर रहे तेज गेंदबाज उबेद शाह ने अमिर जांगू को विकेटकीपर रिजवान के हाथों कैच कराकर टेस्ट क्रिकेट का पहला विकेट लिया। हालांकि, वह पूरे दिन महंगे साबित हुए। ग्रीव्स और चेज ने पाकिस्तान की उम्मीदों पर फेरा पानी चायकाल के बाद मोहम्मद अली ने शाई होप को बोल्ड कर पाकिस्तान को पांचवीं सफलता दिलाई। इसके बाद लगा कि पाकिस्तान जल्द पारी समेट सकता है, लेकिन जस्टिन ग्रीव्स और कप्तान रोस्टन चेज ने संभलकर बल्लेबाजी की। ग्रीव्स ने शानदार अर्धशतक लगाया और चेज के साथ छठे विकेट के लिए 66 रन की नाबाद साझेदारी कर टीम का स्कोर 239/5 तक पहुंचाया। पहले दो सत्र में असरदार दिखे पाकिस्तान के स्पिनर्स दिन के अंत तक पिच से कम मदद मिलने के कारण ज्यादा प्रभाव नहीं छोड़ सके।
अगले कॉमनवेल्थ गेम्स का आयोजन अहमदाबाद में, भारत को सौंपी गई बैटन
2026 कॉमनवेल्थ गेम्स के समापन समारोह के दौरान बैटन भारत को सौंपी गई। 4 साल बाद अहमदाबाद में 24वें कॉमनवेल्थ गेम्स होंगे जो इन खेलों का शताब्दी संस्करण भी है।
Commonwealth Games 2026 India Medalist: ग्लास्गो में कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 का समापन हो गया। भारत ने कुल 39 पदक जीते, जिसमें 13 गोल्ड, 17 सिल्वर और 9 ब्रॉन्ज मेडल शामिल थे। एक खिलाड़ी ने दो पदक भी जीते।
11 दिन तक ग्लासगो में चले कॉमनवेल्थ गेम्स में भारत के 38 खिलाड़ियों ने 39 मेडल जीते। गुलवीर सिंह को डबल मेडल मिले। इनमें 13 गोल्ड, 17 सिल्वर और 9 ब्रॉन्ज शामिल रहे। साइकल मैकेनिक की बेटी अस्मिता दहिया ने भारत को जूडो में पहला गोल्ड दिलाया। सेना में सेवा के दौरान ब्लास्ट में पैर गंवाने वाले पैरा एथलीट सोमन राणा ने भी देश के लिए पदक जीता। स्टोरी में भारत के सभी मेडल विनर्स के बारे में जानिए, शुरुआत गोल्ड मेडलिस्ट से... ------------------------------------------- कॉमनवेल्थ गेम्स से जुड़ी यह खबर भी पढ़िए… भारत को 2030 कॉमनवेल्थ गेम्स की मशाल सौंपी गई, क्लोजिंग सेरेमनी में शंकर महादेवन, मानुषी छिल्लर ने परफॉर्म किया ग्लासगो में 11 दिन तक चले कॉमनवेल्थ गेम्स का समापन हो गया है। रविवार रात को ओवो हाइड्रो एरिना में ऑस्ट्रेलियन सिंगर डेल्टा गूडरेम की परफॉर्मेंस से क्लोजिंग सेरेमनी की शुरुआत हुई। पढ़ें पूरी खबर
कॉमनवेल्थ गेम्स में भारत ने 39 मेडल जीतकर चौथा स्थान हासिल किया। वेटलिफ्टर मीराबाई चानू लगातार तीसरा गोल्ड जीतने के बाद राष्ट्रगान सुनकर रो पड़ीं। जेवलिन में नीरज चोपड़ा को सिल्वर मिला। रनर गुलवीर सिंह ने ट्रैक एंड फील्ड में दो मेडल जीतकर इतिहास रचा। दूसरी ओर लवलीना बोरगोहेन का बॉक्सिंग में मेडल गेम्स शुरू होने से पहले ही पक्का हो गया। पढिए ऐसे ही 10 यादगार मोमेंट्स… 1. मीराबाई गोल्ड जीतने के बाद रो पड़ीं भारत के सबसे भावुक पलों में से एक मीराबाई चानू का मेडल इवेंट रहा। वेटलिफ्टिंग में गोल्ड जीतने के बाद जब राष्ट्रगान बजा तो हमेशा मुस्कुराती दिखने वाली मीराबाई रो पड़ीं। 2. तेजस्विन शंकर ने चोट में भी रचा इतिहास तेजस्विन शंकर ने डेकाथलन में भारत का पहला कॉमनवेल्थ मेडल जीता। उन्होंने चोटिल घुटने के बावजूद 10 इवेंट्स में हिस्सा लिया। कुछ मौकों पर उन्होंने कोचिंग का काम भी किया। वे साथी खिलाड़ियों को सलाह देते भी नजर आए। 3. अस्मिता डे ने दिलाया जूडो का पहला गोल्ड त्रिपुरा की अस्मिता डे ने भारत को कॉमनवेल्थ इतिहास का पहला जूडो गोल्ड दिलाया। फाइनल में पिछड़ने के बाद उन्होंने शानदार वापसी की। आर्थिक संघर्षों से निकलकर गोल्ड जीतने वाली अस्मिता ग्लासगो की सबसे इंस्पायर कहानियों में शामिल रहीं। 4. नीरज से ज्यादा चर्चा यशवीर की हुई जैवलिन थ्रो में नीरज चोपड़ा ने सिल्वर मेडल जीता, लेकिन सबसे बड़ा सरप्राइज यशवीर सिंह रहे। आखिरी थ्रो से पहले वे आठवें स्थान पर थे। छठे थ्रो में उन्होंने 85.41 मीटर का पर्सनल बेस्ट प्रदर्शन किया और ब्रॉन्ज जीत लिया। 5. गुलवीर सिंह का डबल पोडियम गुलवीर सिंह ने 10 हजार मीटर में सिल्वर और 5 हजार मीटर दौड़ में ब्रॉन्ज जीतकर भारतीय एथलेटिक्स के इतिहास में अपना नाम दर्ज करा दिया। ऐसा पहली बार हुआ कि किसी भारतीय ने ट्रैक एंड फील्ड में दो मेडल जीते। 6. लवलीना का बिना खेले पक्का हुआ मेडल कॉमनवेल्थ गेम्स से पहले ही महिला 75 किलो वर्ग में सिर्फ पांच मुक्केबाज थीं। ऐसे में लवलीना बोरगेहेन सीधे सेमीफाइनल में पहुंच गईं और उनका मेडल पक्का हो गया। उन्होंने सिर्फ दो मुकाबले खेले। एक जीता और एक हारा, लेकिन सिल्वर अपने नाम कर लिया। यह भारत के सबसे अनोखे मेडल्स में से एक रहा। 7. प्रवीण चित्रावेल ने चार साल पुराना हिसाब बराबर किया ट्रिपल जम्पर प्रवीण चित्रावेल 2022 में सिर्फ 3 सेंटीमीटर से मेडल से चूक गए थे। इस बार उन्होंने 16.58 मीटर की छलांग लगाकर सिल्वर जीत लिया और चार साल पुराना हिसाब बराबर कर दिया। 8. 5 महिला बॉक्सरों ने गोल्ड जीता भारत की 6 में से पांच महिला बॉक्सर गोल्ड जीतने में सफल रहीं। साक्षी चौधरी, प्रीति पवार, जैस्मिन लांबोरिया, प्रिया घंघास और अरुंधति चौधरी ने मेडल जीते। ऐसा पहली बार हुआ जब एक ही कॉमनवेल्थ में 5 बॉक्सर को मेडल मिले। मेंस और विमेंस मिलाकर 10 मुक्केबाजों ने फाइनल खेला। 7 को गोल्ड, 3 ने सिल्वर जीता। 9. पैरा एथलेटिक्स के तीन डबल पोडियम भारत ने पैरा एथलेटिक्स में तीन बार डबल पोडियम हासिल किया। यानी 3 बार एक ही इवेंट में दो प्लेयर्स ने मेडल जीते। विमेंस शॉटपुट में शार्मिला धनखड़ ने गोल्ड और शिल्पा शायला ने ब्रॉन्ज जीता। 100 मीटर दौड़ में दिलीप गावित ने गोल्ड और मोहम्मद बासिल ने सिल्वर हासिल किया। मेंस शॉटपुट में सोमन राणा को गोल्ड और शुभम जुयाल को सिल्वर मिला। 10. झंडू कुमार ने पहला मेडल दिलाया भारत का पहला मेडल पैरा पावरलिफ्टर झंडू कुमार ने दिलाया। पोलियो से प्रभावित झंडू कभी सब्जियां बेचते थे और ई-रिक्शा चलाते थे। ट्रेनिंग जारी रखने के लिए उन्होंने अपना रिक्शा तक बेच दिया था।
कॉमनवेल्थ गेम्स: '70 गोल्ड' के साथ ऑस्ट्रेलिया 'नंबर-1', भारत ने हासिल किया चौथा स्थान
ग्लासगो, 2 अगस्त (आईएएनएस)। कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 का आयोजन 23 जुलाई से 2 अगस्त के बीच ग्लासगो में हुआ, जिसमें ऑस्ट्रेलिया ने सर्वाधिक मेडल जीतकर शीर्ष पायदान हासिल किया। ग्लासगो 2026 में 74 कॉमनवेल्थ देशों और अन्य रीजन के 3,000 से ज्यादा एथलीट्स ने 16 खेलों में हिस्सा लिया। इनमें 10 एबल-बॉडी और 6 इंटीग्रेटेड पैरा स्पोर्ट्स शामिल रहे। 216 मेडल इवेंट्स वाले 23वें एडिशन में कुल 674 मेडल दिए गए।
श्रीलंका टेस्ट सीरीज से पहले भारतीय टीम में बड़ा बदलाव, सुभदीप घोष बने नए फील्डिंग कोच
बीसीसीआई ने श्रीलंका सीरीज से पहले शुभदीप घोष को नया फील्डिंग कोच नियुक्त किया है। साल 2020 में बीसीसीआई से जुड़ने के बाद शुभदीप घोष ने भारतीय टीमों के साथ कई लेवल पर अहम जिम्मेदारियां निभाई हैं।
कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में भारत का अभियान हुआ खत्म, मेडल टैली में किस स्थान पर रहा इंडिया?
कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में भारत का सफर समाप्त हो गया है। भारत ने ग्लासगो में ऐतिहासिक प्रदर्शन किया और 39 मेडल अपने नाम किए। इंडिया ने 13 गोल्ड, 17 सिल्वर और 9 ब्रॉन्ज मेडल जीते हैं।
इंडिया हॉकी 360 फेस्टिवल ने चंडीगढ़ में वैश्विक हॉकी विशेषज्ञता को जोड़ा
तुलसीया स्पोर्ट्स मार्केटिंग (TSM) और एनएचएल (NHL) ब्रॉडकास्टर रणदीप जांडा द्वारा सह-आयोजित इस फेस्टिवल ने खिलाड़ी विकास, कोचिंग शिक्षा और खेल के प्रति जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से भारत के हॉकी समुदाय को अंतरराष्ट्रीय संगठनों और पेशेवर कोचों से जोड़ा।
लवलीना बोरगोहेन ने असम के मुक्केबाजों को प्रेरित किया है: देव बरुआ
गोलाघाट, 2 अगस्त (आईएएनएस)। कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में सिल्वर मेडल जीतने वालीं लवलीना बोरगोहेन ने अपना मेडल असम के बाढ़ प्रभावित लोगों को समर्पित किया है। सीडब्ल्यूजी में लवलीना की इस कामयाबी के बाद उनके गृह जिले में खुशी का माहौल है। असम बॉक्सिंग एसोसिएशन के ऑर्गनाइजिंग सेक्रेटरी देव बरुआ ने लवलीना की इस उपलब्धि पर खुशी और गर्व जाहिर किया है।
Mirabai Chanu: एशियाई खेलों में पदक जीतना मेरा अगला लक्ष्य, मीराबाई चानू ने कही यह बात
(सुमन रे)ग्लास्गो, दो अगस्त ओलंपिक रजत पदक विजेता और लगातार तीन बार राष्ट्रमंडल खेलों की स्वर्ण पदक विजेता मीराबाई चानू ने स्वीकार किया कि अपेक्षाओं का दबाव हमेशा रहता है, लेकिन अब उनका अगला लक्ष्य एशियाई खेलों में पदक जीतना है। चानू ने 2014 के ग्लास्गो राष्ट्रमंडल खेलों में रजत पदक के साथ अपनी सफलता की शुरुआत की थी। इसके बाद उन्होंने 2018 के गोल्ड कोस्ट, 2022 के बर्मिंघम और 2026 के ग्लास्गो राष्ट्रमंडल खेलों में अपने भार वर्ग में लगातार तीन स्वर्ण पदक जीते। उन्होंने 2017 विश्व चैंपियनशिप में स्वर्ण, 2022 और 2025 में रजत पदक भी जीते हैं। इसके अलावा एशियाई और राष्ट्रमंडल चैंपियनशिप में भी वह पदक अपने नाम कर चुकी हैं। ग्लास्गो राष्ट्रमंडल खेलों में सफल अभियान के बाद रविवार को ‘पीटीआई’ से बातचीत में चानू ने कहा, ‘‘पदक जीतकर बहुत खुशी मिलती है, लेकिन उसे जीतना आसान नहीं होता। इसके बाद जिम्मेदारियां बढ़ जाती हैं और आगामी प्रतियोगिताओं में आपको अपना सर्वश्रेष्ठ देने का दबाव होता है। काफी दबाव रहता है। मेरे लिए एशियाई खेलों का पदक बहुत महत्वपूर्ण है। ’’उन्होंने कहा, ‘‘मैं पूरी कोशिश करूंगी क्योंकि मुझे वहां पदक जीतना है, जहां मैं अब तक नहीं जीत सकी हूं। इसलिए एशियाई खेल मेरे लिए बहुत अहम हैं। मेरा अगला लक्ष्य वहीं पदक जीतना है जिससे दबाव भी है। ’’चानू ने कहा कि उनके लिए हर पदक आगे बेहतर प्रदर्शन की प्रेरणा बनता है। उन्होंने कहा, ‘‘कुछ खिलाड़ी पदक जीतकर बहुत खुश हो जाते हैं, लेकिन मेरे लिए हर पदक नई ताकत देता है। मुझे लगता है कि अगला पदक जीतने के लिए और भी अधिक मेहनत करनी होगी। ’’अपने करियर के अच्छे और दुखद पलों को याद करते हुए चानू ने कहा कि दोनों अलग-अलग ओलंपिक से जुड़े हैं और पेरिस ओलंपिक में मामूली अंतर से पदक चूकने के बाद दोबारा खुद को संभालना आसान नहीं था। उन्होंने कहा, ‘‘हर प्रतियोगिता में पदक जीतने का दबाव रहता है। हर खिलाड़ी का सपना ओलंपिक में भाग लेना होता है। वहां पदक जीतना मेरा भी सपना था, लेकिन पेरिस ओलंपिक में बहुत मामूली अंतर से पदक चूकने का मुझे बेहद दुख हुआ। ’’उन्होंने कहा, ‘‘उसके बाद खुद को दोबारा तैयार करना और सर्वोच्च स्तर पर प्रतिस्पर्धा करना बहुत कठिन था। मुझे आगे की योजना बनानी पड़ी और कड़ी मेहनत करनी पड़ी। ’’चानू ने अपनी यात्रा का जिक्र करते हुए कहा कि उन्होंने हमेशा अपने ऊपर रखी गई जिम्मेदारियों और लोगों की उम्मीदों पर खरा उतरने का प्रयास किया। उन्होंने कहा, ‘‘2014 में ग्लास्गो में भारत के लिए रजत पदक जीतकर मुझे बहुत खुशी हुई। उसके बाद भारतीय भारोत्तोलन को लेकर मेरी जिम्मेदारियां बढ़ गईं। मुझे तय करना था कि मैं क्या करना चाहती हूं और कितनी दूर तक जाना चाहती हूं। ’’उन्होंने कहा, ‘‘धीरे-धीरे मैं अंतरराष्ट्रीय भारोत्तोलन को समझने लगी और यह भी पता चला कि इसके लिए कितनी मेहनत करनी पड़ती है। मैंने भारतीय भारोत्तोलन के लिए अपना सर्वश्रेष्ठ देने की कोशिश की। समय के साथ सभी का सहयोग मिला और मुझे खुशी है कि अपने कोच विजय शर्मा की मदद से मैं यह सब हासिल कर सकी। ’’एशियाई खेलों की तैयारियों पर चानू ने कहा कि वह किसी विशेष ट्रेनिंग की योजना नहीं बना रही हैं। उन्होंने कहा, ‘‘महत्वपूर्ण बात यह होगी कि खेलों तक मैं चोट से दूर रहूं। किसी विशेष ट्रेनिंग की जरूरत नहीं है, सामान्य अभ्यास ही जारी रहेगा। ’’उन्होंने यह भी कहा कि खेल रत्न पुरस्कार मिलने के बावजूद अगर उन्हें अर्जुन पुरस्कार मिलता है तो उन्हें बेहद खुशी होगी क्योंकि यह उनके बचपन का सपना है।
ट्रैक साइकिलिंग में चौथा गोल्ड, एम्मा फिनुकैन ने कॉमनवेल्थ गेम्स में इतिहास रचा
ग्लासगो, 2 अगस्त (आईएएनएस)। वेल्स की साइकिलिंग स्टार एम्मा फिनुकैन ने 'कॉमनवेल्थ गेम्स' में इतिहास रच दिया है। फिनुकैन ने रविवार को ग्लासगो में महिलाओं का कीरिन खिताब अपने नाम किया, जिसके साथ गेम्स के एक ही संस्करण में चार ट्रैक गोल्ड मेडल जीतने वाली पहली स्प्रिंट साइक्लिस्ट बन गईं।
कॉमनवेल्थ गेम्स: 13 गोल्ड, 17 सिल्वर और 9 ब्रॉन्ज मेडल के साथ भारत के अभियान का समापन
ग्लासगो, 2 अगस्त (आईएएनएस)। कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 का आयोजन 23 जुलाई से 2 अगस्त के बीच ग्लासगो में हुआ। इसमें भारत ने कुल 39 मेडल अपने नाम किए। इनमें 13 गोल्ड, 17 सिल्वर और 9 ब्रॉन्ज मेडल रहे। पुरुष एथलीट्स ने 23 मेडल (5 गोल्ड, 13 सिल्वर, 5 ब्रॉन्ज) हासिल किए, जबकि महिलाओं ने कुल 16 मेडल (8 गोल्ड, 4 सिल्वर, 4 ब्रॉन्ज) जीते।
कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 की क्लोजिंग सेरेमनी में दुनिया हमारी संस्कृति देखेगी: हर्ष संघवी
ग्लासगो, 2 अगस्त (आईएएनएस)। कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 अपने आखिरी चरण में पहुंच चुका है। इवेंट की समाप्ति के बाद क्लोजिंग सेरेमनी का आयोजन होना है। इस इवेंट के साथ ही ग्लासगो में आयोजित कॉमनवेल्थ गेम्स आधिकारिक तौर पर समाप्त हो जाएंगे। क्लोजिंग सेरेमनी के दौरान भारत के अहमदाबाद शहर को आधिकारिक तौर पर कॉमनवेल्थ गेम्स 2030 के लिए मेजबान शहर के रूप में घोषित किया जाएगा और कॉमनवेल्थ झंडे के साथ बैटन ग्लासगो में मौजूद भारतीय प्रतिनिधियों को सौंपा जाएगा। भारतीय प्रतिनिधिमंडल में गुजरात के उपमुख्यमंत्री हर्ष संघवी भी मौजूद हैं।
ग्लासगो में हमने क्षमता, हिम्मत और खेल की खूबसूरत भावना देखी, अहमदाबाद तैयार है: हर्ष संघवी
ग्लासगो, 2 अगस्त (आईएएनएस)। कॉमनवेल्थ गेम्स 2030 का आयोजन भारत के गुजरात राज्य के अहमदाबाद शहर में होना है। गुजरात के उपमुख्यमंत्री हर्ष संघवी इस समय ग्लासगो में हैं, जहां कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 का आयोजन किया जा रहा है। क्लोजिंग सेरेमनी में अहमदाबाद को आधिकारिक तौर पर कॉमनवेल्थ गेम्स 2030 के मेजबान शहर के तौर पर घोषित किया जाएगा। संघवी इस मौके पर मौजूद रहेंगे।
आरुथ्रन प्रभु का मिनी अंडर-10 क्लास में दबदबा; कैरव रॉबर्सन, रेहान खान रशीद और रुद्र गोकुलनाथ की जीत
न्यू चंडीगढ़, 2 अगस्त (आईएएनएस)। पिछले साल श्रीलंका में एफआईए-एशिया पैसिफिक मोटरस्पोर्ट्स चैंपियनशिप में गोल्ड मेडल जीतने वाले आरुथ्रन (कार्तक्रू मोटरस्पोर्ट्स) ने अपनी क्लास में ऑफिशियल प्रैक्टिस, हीट, सुपर हीट और फाइनल रेस में टॉप किया और इस वीकेंड अपने अभियान का शानदार समापन किया।
कॉमनवेल्थ गेम्स: अरशद नदीम पर मेंटर्स का आरोप, कहा- ट्रेनिंग की जगह व्यापार पर ध्यान
नई दिल्ली, 2 अगस्त (आईएएनएस)। पाकिस्तान के ओलंपिक्स गोल्ड मेडलिस्ट जैवलिन थ्रोअर अरशद नदीम के दो खास मेंटर्स ने ग्लासगो में हुए कॉमनवेल्थ गेम्स में उनके फ्लॉप शो के लिए ट्रेनिंग की कमी और लापरवाही को जिम्मेदार ठहराया है। मेंटर्स ने वापसी के लिए अरशद को कड़ी मेहनत करने को कहा है।
सीडब्ल्यूजी 2026: भारत के हाथ से फिसला मेडल, जूडोका इशरूप नारंग मामूली अंतर से चूकीं ब्रॉन्ज
ग्लासगो, 2 अगस्त (आईएएनएस)। कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में महिलाओं के 78 किलोग्राम भार वर्ग के ब्रॉन्ज मेडल मुकाबले में भारतीय जूडोका इशरूप नारंग को हार का सामना करना पड़ा। रविवार को 'एसईसी हॉल-4' में हुए इस कड़े मुकाबले में उन्हें कनाडा की कोराली गॉडबूट ने 'गोल्डन स्कोर' में हराया।
टीम इंडिया में वापसी पर भुवी ने तोड़ी चुप्पी! VIDEO
गेंद से कमाल का प्रदर्शन करने वाले अनुभवी भारतीय तेज गेंदबाज भुवनेश्वर कुमार ने दिल तोड़ने वाली बात कही है. भुवनेश्वर को अब इस बात से फर्क नहीं पड़ता कि वह टीम इंडिया में वापसी करेंगे या नहीं. वह बस क्रिकेट को एन्जॉय करने के लिए मैदान पर उतरते हैं.
क्रिकेट प्रेमियों के लिए अच्छी खबर है। भारतीय कप्तान शुभमन गिल और तेज गेंदबाज अर्शदीप सिंह समेत कई स्टार क्रिकेटर अब इसी महीने मोहाली के पीसीए अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम में खेलते नजर आएंगे। शेर-ए-पंजाब टी-20 लीग का रविवार को भव्य आगाज हुआ। टूर्नामेंट 30 अगस्त से 13 सितंबर तक चलेगा। पीसीए अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम में आयोजित उद्घाटन समारोह में पंजाब क्रिकेट एसोसिएशन (PCA) के सचिव गुरमीत सिंह मीत हेयर और अध्यक्ष अमरजीत सिंह महिता ने लीग का औपचारिक शुभारंभ किया। इस मौके पर भारतीय कप्तान शुभमन गिल और तेज गेंदबाज अर्शदीप सिंह विशेष रूप से मौजूद रहे। 9 अगस्त को होगी खिलाड़ियों की नीलामी टूर्नामेंट में छह फ्रेंचाइजी टीमें कुल 27 मुकाबले खेलेंगी। क्रिकेट प्रेमियों को शुभमन गिल, अर्शदीप सिंह, अभिषेक शर्मा, प्रभसिमरन सिंह, गुरनूर बराड़ और रमनदीप सिंह जैसे स्टार खिलाड़ियों को एक्शन में देखने का मौका मिलेगा। खिलाड़ियों की नीलामी 9 अगस्त को होगी। छह फेंचाइजी टीमें हिस्सा लेंगी लीग में अमृतसर, फाजिल्का, जालंधर, लुधियाना, मोहाली और बठिंडा की छह फ्रेंचाइजी हिस्सा लेंगी। प्रत्येक फ्रेंचाइजी के पास 45 लाख रुपए का पर्स होगा और वह अधिकतम 20 खिलाड़ियों को अपनी टीम में शामिल कर सकेगी। मार्की खिलाड़ी की कीमत 10 लाख रुपए तय की गई है, जबकि आइकन खिलाड़ी की बेस प्राइस 1.50 लाख रुपए रखी गई है। प्रथम श्रेणी, अंडर-23, अंडर-19 और जिला स्तर के खिलाड़ियों के लिए अलग-अलग बेस प्राइस निर्धारित की गई है। पीसीए सचिव गुरमीत सिंह मीत हेयर ने कहा कि यह लीग मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान की दूरदर्शी सोच का परिणाम है। इसका उद्देश्य पंजाब के घरेलू खिलाड़ियों को अंतरराष्ट्रीय सितारों के साथ ड्रेसिंग रूम साझा करने और पेशेवर माहौल में सीखने का अवसर देना है। कार्यक्रम के दौरान टूर्नामेंट का आधिकारिक लोगो लॉन्च किया गया। इस अवसर पर पीसीए के पदाधिकारियों ने फ्रेंचाइजी मालिकों और प्रमुख क्रिकेटरों को सम्मानित भी किया।
भारत ने पाकिस्तान को 2 विकेट से रौंदा, ऋषि धवन का शानदार प्रदर्शन, आखिरी ओवर में मिली रोमांचक जीत
एशियन लीजेंड्स लीग 2026 में इंडियन रॉयल्स का सामना आज पाकिस्तान पैंथर्स की टीम से हुआ। इस मैच में नमन ओझा की कप्तानी में इंडियन रॉयल्स की टीम ने एक रोमांचक जीत दर्ज की।
सीडब्ल्यूजी 2026: ग्लासगो में उत्तराखंड की उन्नति शर्मा ने जीता ब्रॉन्ज, परिवार में जश्न का माहौल
देहरादून, 2 अगस्त (आईएएनएस)। कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में शनिवार को भारत की उन्नति शर्मा ने तीसरे स्थान के प्ले-ऑफ मुकाबले में साउथ अफ्रीका की स्काई नोस्टर को शिकस्त देकर महिलाओं के 63 किग्रा जूडो इवेंट में ब्रॉन्ज मेडल जीता। बेटी की इस उपलब्धि के बाद देहरादून में जश्न का माहौल है।
एफसी अंडर-20 क्वालिफायर से पहले सिंगापुर टेस्ट के लिए इंडिया ने 30 सदस्यीय टीम का किया ऐलान
नई दिल्ली, 2 अगस्त (आईएएनएस)। इंडिया अंडर-20 पुरुष टीम के हेड कोच महेश गवली ने रविवार को सिंगापुर के खिलाफ टीम के दो अंतरराष्ट्रीय मैत्री मैचों के लिए 30 सदस्यीय टीम का ऐलान किया। मैच 3 और 6 अगस्त को बेंगलुरु में एफसी अंडर-20 एशियन कप चाइना 2027 क्वालिफायर की तैयारियों के तहत खेले जाएंगे।
फुटबॉल: लेवांटे ने बेल्जियम के फॉरवर्ड यानिस मुसुआई के साथ पांच साल का अनुबंध किया
मैड्रिड, 2 अगस्त (आईएएनएस)। स्ट्राइकर कार्लोस एस्पी के रियल मैड्रिड जाने के बाद स्पेनिश क्लब लेवांटे ने अपने अटैक को मजबूत करने के लिए तेजी से कदम उठाए हैं। उन्होंने क्लब ब्रुग से बेल्जियम के होनहार फॉरवर्ड यानिस मुसुआई को पांच साल के अनुबंध पर साइन करने की घोषणा की है।
जमशेदपुर एफसी का कामकाज बंद करना भारतीय फुटबॉल के लिए एक बड़ा झटका: गुरप्रीत संधू
नई दिल्ली, 2 अगस्त (आईएएनएस)। भारतीय गोलकीपर गुरप्रीत सिंह संधू ने रविवार को जमशेदपुर एफसी के कामकाज बंद करने के फैसले पर गहरा दुख जताया है। उन्होंने कहा कि यह भारतीय फुटबॉल के लिए एक 'बड़ा नुकसान' है और टाटा ग्रुप से इस फैसले पर फिर से विचार करने की अपील की।
टीम में कौन लेगा बुमराह की जगह? लिस्ट में ये चार गेंदबाज
जसप्रीत बुमराह के चोटिल होने के बाद कई गेंदबाजों पर इस समय बीसीसीआई की नजरें हैं. आकिब नबी और अंशुल कंबोज में से किसी एक गेंदबाज को श्रीलंका दौरे के लिए टीम में एंट्री मिल सकती है.
कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में अरशद नदीम के बेहतर प्रदर्शन ना कर पाने को लेकर अब पाकिस्तान का खेल तंत्र सवालों के घेरे में है। अरशद के करीबी सूत्र ने बताया कि पिछले वर्ष के अंत से पीएएएफ और यहां तक कि पाकिस्तान खेल बोर्ड (पीएसबी) ने भी राष्ट्रमंडल खेलों की तैयारी के दौरान अरशद को अपेक्षित सहयोग नहीं दिया।

