Stock Market Alert: आज के 'गेम चेंजर' स्टॉक्स और IPOs, जिन्होंने बदल दिया बाज़ार का मूड
आज शेयर बाज़ार में धमाकेदार स्टॉक आईपीओ और प्रमुख मार्केट मूवर्स चर्चा में रहे। मजबूत लिस्टिंग, ऊंची मांग और तेज़ ट्रेडिंग गतिविधियों ने निवेशकों का ध्यान खींचा। नियामक नियमों के तहत हुए कारोबार ने बाज़ार की दिशा और रुझान को प्रभावित किया।
डेटा सेंटर नीति से उत्तर प्रदेश बना डिजिटल निवेश का नया केंद्र
उत्तर प्रदेश सरकार की डेटा सेंटर नीति ने प्रदेश को देश के तेजी से उभरते डिजिटल हब के रूप में स्थापित कर दिया है
छोटे निवेशकों के लिए बड़ा मौका? एसएमई आईपीओ में आ रहे हैं ये धमाकेदार इश्यू
भारतीय शेयर बाजार में ओपन और आगामी एसएमई आईपीओ के प्राइस बैंड की घोषणा के साथ निवेशकों की नजर इस सेगमेंट पर टिकी है। नए साल की शुरुआत में कई कंपनियां पूंजी जुटाने की तैयारी में हैं। सेबी के नियमों के तहत लाए जा रहे इन इश्यू ने एसएमई बाजार में नई हलचल पैदा कर दी है।
आखिर कैसे कारोबारी निवेशकों की पसंद बने बिहार
बिहार में कई कंपनियों ने उत्पादन भी शुरू कर दिया है तथा कई के प्रस्ताव पाइपलाइन में हैं। ब्रिटेनिया, जेके सीमेंट्स, अशोक लीलैंड, रिलायंस या अदाणी जैसे चुनिंदा औद्योगिक घरानों के आने का शोर काफी है, लेकिन केवल इनके आने से बात नहीं बनने वाली। अभी भी ...
गोरखपुर में युवक से 1.89 लाख की साइबर जालसाजी:टेलीग्राम पर निवेश का झांसा देकर बनाया शिकार, एफआईआर
गोरखपुर के गोरखनाथ इलाके में टेलीग्राम से निवेश और ऑनलाइन रेटिंग टास्क का लालच देकर युवक से 1.89 लाख रुपये की साइबर जालसाजी का मामला सामने आया है। गोरखनाथ क्षेत्र में रहने वाले मोहम्मद जैद की तहरीर पर गोरखनाथ थाना पुलिस ने अज्ञात साइबर जालसाजों के खिलाफ गुरुवार को एफआईआर दर्ज किया है। गोरखनाथ थाने की पुलिस साइबर सेल की मदद से इस मामले की जांच में जुटी है। गोरखनाथ क्षेत्र के रसूलपुर निवासी मोहम्मद जैद ने पुलिस को बताया कि उन्होंने अपने मोबाइल नंबर से टेलीग्राम अकाउंट बना रखा था। बीते 22 दिसंबर को उनके टेलीग्राम पर एक अज्ञात नंबर से मैसेज आया। मैसेज भेजने वाले ने खुद को एक निवेशक कंपनी का कर्मचारी बताया और गूगल मैप पर रेटिंग देने के बदले रुपये कमाने का लालच दिया। शुरुआत में जैद से एक लिंक पर रेटिंग कराई गई, जिसके बदले कुछ रुपये उनके खाते में दिखाए गए। इससे उनका भरोसा जीत लिया गया। निवेश के जरिए मोटा मुनाफा का दिया लालच जालसाजों ने जैद को एक टेलीग्राम ग्रुप में जोड़ दिया, जहां निवेश के जरिये मोटा मुनाफा कमाने का दावा किया जा रहा था। ग्रुप में मौजूद एडमिन और अन्य सदस्यों ने निवेश का चार्ट दिखाते हुए अलग-अलग टास्क पूरे करने पर लाभ मिलने की बात कही। पहले चरण में जैद से यूपीआई के जरिये तीन हजार रुपये जमा कराए गए। इसके बाद उनकी आईडी में 3,900 रुपये दिखाए गए।आरोप है कि इसके बाद ठगों ने लगातार नए-नए टास्क बताकर 15 हजार, 41 हजार, 55 हजार, 50 हजार और 25 हजार रुपये अलग-अलग बैंक खातों और यूपीआई आईडी पर ट्रांसफर करा लिए। हर बार यह भरोसा दिलाया गया कि अगला टास्क पूरा होते ही पूरी रकम मुनाफे सहित वापस कर दी जाएगी। लेकिन जब पीड़ित ने जमा राशि निकालने की मांग की तो ग्रुप के एडमिन ने डराना-धमकाना शुरू कर दिया। पीड़ित ने बताया कि बाद में रिकवरी के नाम पर उससे और रुपये मांगे गए, तब उसे ठगी का एहसास हुआ। इस तरह अलग-अलग तारीखों में कुल 1.89 लाख रुपये की साइबर ठगी कर ली गई। गोरखनाथ सीओ रवि सिंह ने बताया कि मामले में एफआईआर दर्ज किया गया है। ट्रांजेक्शन डिटेल, बैंक खातों और टेलीग्राम आईडी की जांच की जा रही है। पुलिस ने लोगों से अपील की है कि सोशल मीडिया और मैसेजिंग एप के जरिये मिलने वाले निवेश के लालच से सावधान रहें और किसी भी संदिग्ध लिंक या ग्रुप में रुपये निवेश न करें।
सोशल मीडिया और क्रिप्टो निवेश के नाम पर करोड़ों की ठगी, तकनीकी सहयोगी गिरफ्तार
पेमेंट गेटवे के जरिए करीब 4.92 करोड़ रुपए की ठगी जांच में आया है कि विभिन्न बैंक खातों और डिजिटल पेमेंट गेटवे के जरिए करीब 4.92 करोड़ की ऑनलाइन ठगी की। इसके अतिरिक्त, भोपालगढ़ में एक रिवार्ड सेरेमनी के नाम पर 15 करोड़ और जुटाए, जिन्हें व्यक्तिगत विलासिता और अन्य खर्चों में उपयोग किया । एसओजी मामले की जांच कर रही है। जयपुर | स्पेशल ऑपरेशन्स ग्रुप (एसओजी) राजस्थान ने क्रिप्टोकरेंसी, सोशल मीडिया प्रमोशन और लग्जरी गाड़ियों का लालच देकर करोड़ों रुपये की ठगी करने वाले गिरोह को तकनीकी सहायता उपलब्ध कराने वाले आरोपी रजनीश कुमार को उत्तराखंड के रुड़की से गिरफ्तार किया है। इससे पहले गिरोह के मुख्य आरोपी बंशीलाल, ममता भाटी और दिनेश बागड़ी को गिरफ्तार कर कोर्ट में चालान पेश किया जा चुका है। रजनीश को फिलहाल दो दिन की पुलिस रिमांड पर लिया गया है। एडीजी एसओजी विशाल बंसल ने बताया कि 37 वर्षीय रजनीश कुमार ने धोखाधड़ी के लिए वेबसाइट और डिजिटल कॉइन विकसित कर मुख्य आरोपियों को तकनीकी सहयोग दिया। उसकी मदद से www.harvestusdt.com वेबसाइट तैयार की, जिसके जरिये 250 रुपए में आईडी जारी कर 82 हजार लोगों को जोड़ा और 2 करोड़ एकत्र किए। इसके बाद हार्वेस्ट एआई टेक्नोलॉजी प्राइवेट लिमिटेड नाम से कंपनी बनाई गई। सोशल मीडिया के माध्यम से 5.90 लाख रुपये में स्कॉर्पियो और 12 लाख रुपये में फॉर्च्यूनर देने का लालच देकर निवेश कराया गया।
निवेश कराने के नाम पर 70 हजार रुपए, 3 लाख के दो चेक हड़पे
उदयपुर| गोवर्धन विलास थाना क्षेत्र में एक व्यक्ति ने तीन बदमाशों के खिलाफ कंपनी में निवेश कराने के नाम पर 70 हजार रुपए और 3 लाख के दो चेक हड़पने का परिवाद पेश किया है। पुलिस के अनुसार बलीचा निवासी परमेश्वर लाल मीणा ने बांसवाड़ा निवासी नारायण लाल माईड़ा, शिवा कुशवाहा और सेक्टर-14 निवासी रमेश दायमा के खिलाफ परिवाद दिया। इसमें बताया कि पिछले साल माईडा ने उन्हें एफएक्स प्रो. कंपनी में ऑनलाइन निवेश करने पर अच्छा रिटर्न मिलने की बता कही। झांसे में आकर उन्होंने अलग-अलग समय में 70 हजार रुपए निवेश किए। इस बीच, बांसवाड़ा के रमेश दायमा ने इसी कंपनी में निवेश करने के लिए 3 लाख की जरूरत बताई। फिर खुद की चेक बुक खत्म होने का झांसा देकर दायमा ने उनके दो चेक मांगे। इन्हें 7 दिन में लौटाने का आश्वासन दिया। भरोसा कर उन्होंने 1 और 2 लाख राशि भरकर के दो चेक दिए।
MP News :दावोस में निवेश पर जोर, वैश्विक निवेशकों से सीधा संवाद करेंगे सीएम यादव
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव दावोस में विश्व आर्थिक फोरम 2026 में हिस्सा लेंगे। जानें कैसे मध्यप्रदेश ऑटोमोटिव, अक्षय ऊर्जा, आईटी और खाद्य प्रसंस्करण क्षेत्र में वैश्विक निवेशकों को आकर्षित करेगा।
क्रिप्टो में निवेश के नाम पर ठगी के मामले में ईडी की जयपुर-किशनगढ़ में छापेमारी
नई दिल्ली/जयपुर/अजमेर। प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) के जयपुर आंचलिक कार्यालय ने क्रिप्टो-करेंसी में निवेश के नाम पर करोड़ों रुपए की ठगी के एक मामले में जयपुर और किशनगढ़ (अजमेर) में सात परिसरों पर तलाशी अभियान चलाया तथा कुछ आपत्तिजनक दस्तावेज और नकदी बरामद की। ईडी की विज्ञप्ति के अनुसार यह कार्रवाई डिजी मुद्रा कनेक्ट प्राइवेट लिमिटेड […] The post क्रिप्टो में निवेश के नाम पर ठगी के मामले में ईडी की जयपुर-किशनगढ़ में छापेमारी appeared first on Sabguru News .
उत्तर प्रदेश सरकार की डेटा सेंटर नीति ने प्रदेश को देश के तेजी से उभरते डिजिटल हब के रूप में स्थापित कर दिया है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में अपनाई गई दूरदर्शी नीतियों का परिणाम है कि उत्तर प्रदेश आज न केवल निवेशकों का भरोसा जीत रहा है ...
250 लोगों को 6 लाख रुपए में स्कॉर्पियो दिलाने, क्रिप्टो करेंसी और सोशल मीडिया में निवेश के नाम पर धोखाधड़ी की गई थी। इन आरोपियों को तकनीकी सहायता उपलब्ध कराने वाले आरोपी को स्पेशल ऑपरेशन्स ग्रुप (एसओजी) राजस्थान ने गिरफ्तार कर लिया। एडीजी एसओजी विशाल बंसल ने बताया- आरोपी रजनीश कुमार (37) निवासी रुड़की हरिद्वार को उत्तराखंड से गिरफ्तार किया गया। वह फर्जी वेबसाइट, डिजिटल करेंसी और मोबाइल एप तैयार कर ठगी के नेटवर्क को तकनीकी आधार उपलब्ध करा रहा था। वहीं मुख्य आरोपी ने जोधपुर के भोपालगढ़ में आयोजित तथाकथित 'डबल सेंचुरी रिवॉर्ड सेरेमनी' के नाम पर 250 स्कॉर्पियो देने का झांसा देकर 251 लोगों से करीब 15 करोड़ रुपए की ठगी की थी। 6 लाख रुपए में स्कॉर्पियो, 12 लाख रुपए में फॉरच्यूनर गाड़ी देने का दिया था झांसाजांच में सामने आया कि मुख्य आरोपी बंशीलाल उर्फ प्रिन्स सैनी ने रजनीश कुमार की मदद से harvestusdt.com नामक वेबसाइट बनवाई। 250 रुपए में आईडी बनाकर करीब 82 हजार लोगों को जोड़ा गया और लगभग 2 करोड़ रुपए एकत्र कर लिए। इसके बाद 'हार्वेस्ट एआई टेक्नोलॉजी प्राइवेट लिमिटेड' कंपनी बनाकर स्कॉर्पियो व फॉरच्यूनर गाड़ियां कम दाम पर देने जैसी लुभावनी योजनाओं का सोशल मीडिया पर प्रचार किया। आरोपियों ने 5 लाख 90 हजार रुपए में स्कॉर्पियो, 12 लाख रुपए में फॉरच्यूनर गाड़ी देने का भ्रामक प्रचार सोशल मीडिया से किया। भोपालगढ़ में आयोजित तथाकथित 'डबल सेंचुरी रिवॉर्ड सेरेमनी' के नाम पर 250 स्कॉर्पियो देने का झांसा देकर 251 लोगों से करीब 15 करोड़ रुपए की ठगी की थी। क्रिप्टो में निवेश के नाम पर 4.92 करोड़ रुपए लिएपुलिस के अनुसार- बंशीलाल उर्फ प्रिंस सैनी ने झूठी व लुभावनी योजनाओं से लोगों को प्रलोभन दिया। आरोपी ने डिजीटल करेंसी 'एचवीटी' में 2360 रुपए प्रति आईडी के हिसाब से लगभग 336 ट्रांजैक्शन से 2 करोड़ 20 लाख 89 हजार रुपए ऑनलाइन लिए। वहीं उसके पास से 71.54 लाख रुपए 2 बैंक खातों सहित कुल 4 करोड़ 92 लाख 44 हजार रुपए ऑनलाइन प्राप्त किए। आरोपियों ने ठगी की रकम का इस्तेमाल निजी विलासिता, वाहन खरीद और अन्य कार्यों में किया। मामले में पहले ही मुख्य आरोपी बंशीलाल उर्फ प्रिंस सैनी सहित तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर चालान पेश किया जा चुका है। रजनीश कुमार को न्यायालय में पेश कर 3 जनवरी तक पुलिस कस्टडी में भेजा गया है। ठगी की रकम, क्रिप्टो/डिजिटल करेंसी और अन्य सहयोगियों के संबंध में अग्रिम जांच जारी है। यह खबर भी पढ़ें... 6 लाख में स्कॉर्पियो का झांसा देकर 250 लोगों को ठगा:12वीं फेल बदमाश को एसओजी ने दबोचा, स्टूडेंट्स समेत कई लोगों से 50 करोड़ ठगे राजस्थान एसओजी ने लोगों को ठगने वाले शातिर बदमाश और उसके दो साथियों को 21 सितंबर 2025 को गिरफ्तार किया था। आरोपी प्रिंस सैनी उर्फ बंशीलाल ने फर्जी कंपनियों के जरिए अलग-अलग समय पर लोगों से 50 करोड़ की ठगी कर चुका है। हाल ही में आरोपी ने 6 लाख रुपए में स्कॉर्पियो कार देने का झांसा देकर 250 लोगों को ठगा है। SOG ने आरोपी को फरार होने से पहले दबोच लिया। अब उसे कोर्ट में पेशकर रिमांड पर लिया जाएगा। (पूरी खबर पढ़ें) 6 लाख में स्कॉर्पियो देने का झांसा…खाते में ढाई लाख:कहता- मेरी अनंत अंबानी जैसी शादी होगी, दावा- फेसबुक, इंस्टाग्राम से अच्छा ऐप बनाया भोपालगढ़ के धोरू गांव का रहने वाला प्रिंस सैनी उर्फ बंशीलाल। वह खुद को एक बड़ी कंपनी का सीईओ बताता था। रविवार को राजस्थान पुलिस की एसओजी टीम ने प्रिंस और उसके दो सहयोगियों ममता भाटी और दिनेश बागड़ी को फर्जी कंपनियां बनाकर लोगों से 55 करोड़ की ठगी के आरोप में गिरफ्तार किया है। जांच की तो लोगों को 250 स्कॉर्पियो बांटने का दावा करने वाले प्रिंस के बैंक अकाउंट में महज ढाई लाख रुपए ही मिले। (पूरी खबर पढ़ें)
ITC शेयरों में 10% की तेज गिरावट; नई सिगरेट एक्साइज ड्यूटी के बाद निवेशकों में चिंता बढ़ी
साल 2026 की शुरुआत में ITC के शेयरों में नई सिगरेट एक्साइज ड्यूटी के ऐलान के बाद करीब 10% की तेज गिरावट दर्ज की गई। म्यूचुअल फंड्स, LIC और विदेशी निवेशकों पर इसका असर पड़ा। शेयर पिछले छह महीनों में 12% तक गिर चुका है और बाजार में बिकवाली का दबाव लगातार बना हुआ है।
2026 में बाजार से अच्छे रिटर्न की उम्मीद; BFSI और कंजम्प्शन शेयर करेंगे धमाल
2026 में भारतीय शेयर बाजार में निवेशकों की उम्मीदें बढ़ी हैं। Helios India के CEO दिनशॉ ईरानी के अनुसार BFSI, कंजम्प्शन और न्यू एज सेक्टर 2026 में अच्छे रिटर्न दे सकते हैं। दिसंबर तिमाही से बेहतर अर्निंग ग्रोथ के संकेत और बाजार में रिवर्सल निवेशकों के लिए नए अवसर खोलेंगे।
Share Market: एक ऐसा शेयर, जिसने नए साल के पहले ही दिन लगा दी 9% की बड़ी छलांग; आपके पास है क्या?
Share Market News: नए साल के पहले दिन शेयर बाजार में उतार-चढ़ाव दिखी. Sensex जहां 0.04 फीसदी की गिरावट के साथ 85,188.60 रुपये पर बंद हुआ वहीं, Nifty50 तेजी के साथ 0.06 फीसदी की उछाल पर 26,146.55 रुपये पर बंद हुआ. इस दौरान एक शेयर में 9 फीसदी की भी तेजी दिखी.
निवेश, रोजगार और रिकॉर्ड निर्यात: क्या यूपी की नई नीतियां बनाने जा रही हैं इसे 'उत्तम प्रदेश'?
उत्तर प्रदेश की सेक्टर-विशिष्ट औद्योगिक नीतियाँ निवेश, रोजगार और निर्यात को नई दिशा दे रही हैं। इलेक्ट्रॉनिक्स, टेक्सटाइल, खाद्य प्रसंस्करण और एमएसएमई जैसे क्षेत्रों में लक्षित प्रोत्साहनों से राज्य का औद्योगिक ढांचा मजबूत हुआ है और आर्थिक विकास को गति मिली है।
सेंसेक्स-निफ्टी की नजर बजट पर: क्या सरकारी दांव से पलटेगी बाजार की किस्मत, या जारी रहेगी उठापटक?
बजट 2025 की लाइव घोषणाओं के साथ शेयर बाजार में तेज उतार-चढ़ाव देखने को मिला। सेंसेक्स-निफ्टी, सेक्टोरल शेयरों और निवेशकों की प्रतिक्रियाओं ने बजट के संभावित असर को दर्शाया। यह बजट आर्थिक नीति और बाजार की दिशा तय करने वाला अहम संकेतक बनकर उभरा।
भारतीय शेयर बाजार में सेंसेक्स और निफ्टी ने हालिया सत्र में बढ़त के साथ क्लोजिंग दी, लेकिन वर्ष 2025 पूरे बाजार के लिए रिकॉर्ड कमजोर प्रदर्शन वाला साल रहा। वैश्विक अनिश्चितताओं, निवेशकों की सतर्कता और आर्थिक दबावों ने पूरे साल बाजार की रफ्तार को प्रभावित किया।
नए साल का पहला दांव; सेंसेक्स एक्सपायरी में Ola Electric समेत ये शेयर फोकस में
Stocks to Watch में आज सेंसेक्स की वीकली एक्सपायरी के चलते बाजार में तेज उतार-चढ़ाव की संभावना है। गिफ्ट निफ्टी से ग्रीन ओपनिंग के संकेत मिल रहे हैं। जिंदल पॉली फिल्म्स के कमजोर Q2 नतीजे, स्वान कॉर्प की ब्लॉक डील और अवसर फाइनेंस की एक्स-डेट पर निवेशकों की नजर रहेगी।
दिल्ली-एनसीआर हो या देश के दूसरे शहर, जो लोग घर खरीदने या प्रॉपर्टी में निवेश की सोच रहे हैं, उनके लिए साल 2026 कई मायनों में अहम साबित हो सकता है। बीते कुछ सालों की अस्थिरता के बाद अब रियल एस्टेट सेक्टर एक ऐसे दौर में प्रवेश कर रहा है, जहां कीमतें, मांग और निवेश—तीनों में संतुलित मजबूती दिख रही है। 2025–26 की शुरुआत से ही बाजार में साफ संकेत मिले हैं कि घर खरीदने वालों का भरोसा लौट रहा है। दिल्ली-एनसीआर में प्रॉपर्टी कीमतों में औसतन करीब 24 फीसदी की बढ़ोतरी दर्ज की गई है। वहीं, आरबीआई के नरम रुख और रेपो रेट में कटौती से होम लोन सस्ता हुआ है, जिससे एंड-यूजर्स के लिए घर खरीदना आसान हुआ है। सीबीआरई की रिपोर्ट के मुताबिक 2025 के पहले नौ महीनों में रियल एस्टेट सेक्टर में करीब 10.2 बिलियन डॉलर का निवेश आया है, जो साल के अंत तक नए रिकॉर्ड की ओर बढ़ सकता है। कोलियर्स का अनुमान है कि 2025–26 में हर साल 5 से 7 बिलियन डॉलर तक का संस्थागत निवेश भारत आ सकता है। मजबूत अर्थव्यवस्था, बड़े इन्फ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट और विदेशी निवेशकों की वापसी इसकी बड़ी वजह हैं। लक्ज़री घर अब सिर्फ महानगरों तक सीमित नहींएक बड़ा बदलाव यह भी है कि लक्ज़री हाउसिंग अब केवल मुंबई, दिल्ली या बेंगलुरु तक सीमित नहीं रही। नोएडा, ग्रेटर नोएडा, गुरुग्राम के साथ-साथ लखनऊ, जयपुर, इंदौर, देहरादून और मोहाली जैसे शहर तेजी से उभर रहे हैं। एक्सप्रेसवे, मेट्रो और औद्योगिक विकास ने इन इलाकों में घरों की मांग और कीमत दोनों बढ़ा दी है। अनुमान है कि 2026 में लक्ज़री हाउसिंग की मांग 20–25 फीसदी तक बढ़ सकती है। रिटर्न के मामले में शेयर बाजार से आगेरियल एस्टेट निवेशकों के लिए भी आकर्षक बना हुआ है। फाइनेंस हाउसिंग टोटल रिटर्न इंडेक्स के अनुसार, प्रमुख शहरों में रियल एस्टेट ने बीते साल करीब 15 फीसदी रिटर्न दिया, जबकि इसी दौरान शेयर बाजार में उतार-चढ़ाव देखने को मिला। डेवलपर्स का मानना है कि कीमतें बढ़ने के बावजूद मिड-सेगमेंट और प्रीमियम—दोनों में खरीदार सक्रिय रहेंगे। डेवलपर्स का कहना: भरोसा और मांग दोनों मजबूत गौड़ ग्रुप के सीएमडी मनोज गौड़ कहते हैं कि 2025 में ज्यादातर शहरों में घरों की कीमतों में लगातार बढ़ोतरी हुई। बड़े शहरों के साथ-साथ उभरते शहरों और आसपास के इलाकों में भी अच्छी मांग रही। इससे साफ है कि विकास अब सिर्फ मेट्रो शहरों तक सीमित नहीं है। अच्छी कनेक्टिविटी वाले इलाकों में सप्लाई कम होने और आरबीआई के सकारात्मक रुख से खरीदारों का भरोसा बना रहा। काउंटी ग्रुप के डायरेक्टर, अमित मोदी का कहना है कि 2025 भारतीय रियल एस्टेट के लिए बेहद मजबूत साल रहा, जहां प्रमुख बाजारों में मांग और खरीदारों के भरोसे में साफ बढ़ोतरी दिखी। खास तौर पर एनसीआर में नए एक्सप्रेसवे, मेट्रो कॉरिडोर, एयरपोर्ट और बेहतर कनेक्टिविटी का असर अब जमीन पर साफ नजर आने लगा है, जिससे प्रीमियम और लग्जरी हाउसिंग को सीधा फायदा मिला। सीआरसी ग्रुप के डायरेक्टर– मार्केटिंग एंड बिज़नेस मैनेजमेंट,सलिल कुमार का कहना है कि नोएडा–ग्रेटर नोएडा अब एनसीआर के लक्जरी हाउसिंग बाजार में अपनी अलग पहचान बना चुका है। एयरपोर्ट, एक्सप्रेसवे और मेट्रो जैसी सुविधाओं ने यहां एंड-यूजर्स की मांग को मजबूत किया है। लोग अब यहां लंबे समय के लिए बड़े और बेहतर घर लेना चाहते हैं।
रियल्टी प्लेयर Veegaland IPO लाने को तैयार; ₹250 करोड़ जुटाने की योजना
केरल की प्रमुख रियल एस्टेट कंपनी वीगालैंड डेवलपर्स ₹250 करोड़ का IPO लाने की तैयारी में है। कंपनी ने SEBI के पास DRHP दाखिल किया है। यह पूरा इश्यू फ्रेश शेयरों का होगा, जिससे जुटाई गई राशि का इस्तेमाल नए और चल रहे रेजिडेंशियल प्रोजेक्ट्स के विस्तार में किया जाएगा।
Bank Holiday: साल 2026 की शुरुआत हो गई है. नए साल के पहले दिन शेयर बाजार और बैंक खुलेंगे या बंद रहेंगे ? इसे लेकर लोगों में कंफ्यूजन है. 1 जनवरी, गुरुवार को शेयर बाजार में ट्रेडिंग होगी या नहीं ? आपके शहर में बैंक खुलेंगे या नहीं ?
तेलंगाना पर्यटन में रिकॉर्ड निवेश: 2025 में 22,324 करोड़ के प्रस्ताव
तेलंगाना ने वर्ष 2025 के दौरान पर्यटन क्षेत्र में 22,324 करोड़ रुपये के निवेश प्रस्ताव हासिल कर एक बड़ी उपलब्धि दर्ज की है
उत्तर प्रदेश में ईज ऑफ डूइंग बिजनेस को नई रफ्तार देगा 'निवेश मित्र 3.0'
Chief Minister Yogi Adityanath : उत्तर प्रदेश को देश का सर्वश्रेष्ठ निवेश गंतव्य बनाने की दिशा में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में राज्य सरकार एक और बड़ा कदम उठाने जा रही है। प्रदेश में ईज ऑफ डूइंग बिजनेस (व्यवसाय सुगमता) को और अधिक ...
31 दिसंबर को चांदी का भाव हुआ 18 हजार रुपये; निवेशकों की बढ़ी चिंता
साल के आखिरी कारोबारी दिन चांदी ने निवेशकों को चौंकाया। MCX पर 5 मार्च एक्सपायरी वाला सिल्वर फ्यूचर वायदा 18 हजार रुपये प्रति किलो से अधिक गिर गया। रिकॉर्ड हाई से मुकाबले चांदी का भाव करीब 21,946 रुपये सस्ता हो गया, निवेशकों के लिए साल का अंत तनावपूर्ण साबित हुआ।
हापुड़ जनपद में साइबर ठगों ने दो अलग-अलग घटनाओं में करीब 15.72 लाख रुपये की ठगी की है। पीड़ितों को पार्ट टाइम ऑनलाइन जॉब और बैंक अधिकारी बनकर निशाना बनाया गया। दोनों मामलों में साइबर थाने में मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है। पहला मामला हापुड़ की संजय विहार आवास विकास कॉलोनी निवासी चिराग खेड़ा से संबंधित है। उन्हें वॉट्सएप पर पार्ट टाइम ऑनलाइन जॉब का ऑफर मिला। ठगों ने चिराग को टेलीग्राम से जोड़ा और खुद को टाइम्स इंटरनेट इंडिया प्राइवेट लिमिटेड का प्रतिनिधि बताया। शुरुआत में गूगल रिव्यू जैसे छोटे टास्क दिए गए, जिनके लिए प्रति टास्क 50 रुपये के हिसाब से कुल 450 रुपये उनके खाते में भेजे गए। इससे पीड़ित का भरोसा बढ़ गया। इसके बाद ठगों ने 'वेलफेयर टास्क' के नाम पर निवेश का लालच दिया। उन्हें 2000 रुपये के निवेश पर 2800 रुपये और 5000 रुपये के निवेश पर 7000 रुपये लौटाने का झांसा दिया गया। शुरुआती लाभ मिलने के बाद ठगों ने बड़े निवेश वाले टास्क बताए। लालच में आकर चिराग ने अलग-अलग खातों में कुल छह लाख रुपये ट्रांसफर कर दिए। हालांकि, उन्हें न तो नौकरी मिली और न ही रकम वापस हुई। ठगी का अहसास होने पर उन्होंने साइबर थाने में शिकायत दर्ज कराई। ठगों ने खाते से 9.72 लाख रुपये निकाल लिए दूसरा मामला पिलखुवा कोतवाली क्षेत्र के गांव पीपलाबंदपुर निवासी बिजेंद्र सिंह का है। 23 दिसंबर को उन्हें एक अज्ञात नंबर से कॉल आया। कॉलर ने खुद को बैंक अधिकारी बताया और बातचीत के दौरान उनके एक्सिस बैंक खाते तक पहुंच बना ली। ठगों ने खाते से 9.72 लाख रुपये निकाल लिए। पैसे कटने के मैसेज आते ही बिजेंद्र सिंह ने तुरंत अपना खाता बंद कराया और पुलिस को सूचना दी। साइबर थाना प्रभारी पटनिश कुमार ने बताया कि दोनों मामलों में अज्ञात साइबर ठगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। पुलिस खातों की डिटेल्स ट्रेस कर रही है और ठगों की गिरफ्तारी तथा रकम की रिकवरी के प्रयास जारी हैं।
जयपुर की श्याम धनी इंडस्ट्रीज़ का आईपीओ 30 दिसम्बर 2025 को एनएसई इमर्ज पर 90% की उछाल के साथ 133 रुपये में सूचीबद्ध हुआ। 918 गुना सब्सक्रिप्शन और 25,300 करोड़ से अधिक की बोलियों के साथ यह एसएमई बाजार में ऐतिहासिक उपलब्धि मानी जा रही है।
निवेश के जादूगर वॉरेन बफेट आज 95 की उम्र में रिटायर हो रहे हैं। 60 साल पहले जब उन्होंने बर्कशायर हैथवे की कमान संभाली, तो कंपनी के एक शेयर की कीमत 18 डॉलर थी। आज एक शेयर की कीमत 8 लाख डॉलर से भी ज्यादा है। यानी 60 साल में 45,000 गुना की बढ़ोतरी। इस दौरान अमेरिका ने 11 राष्ट्रपति देखे, दुनिया की सबसे बड़ी कंपनियां डूबी-उभरीं, बाजारों ने कई बार सांस रोकी, लेकिन बफेट नहीं बदले। न उनका तरीका, न उनकी फिलॉसफी। उनकी बर्कशायर हैथवे 34 लाख करोड़ कैश के साथ आज दुनिया की सबसे बड़ी इन्वेस्टमेंट कंपनी है और बफेट दुनिया के 10वें सबसे अमीर शख्स। वॉरेन बफेट को सिर्फ आंकड़ों में नहीं मापा जा सकता। हमने 5 चैप्टर्स में उनकी जिंदगी के अहम पहलुओं को पिरोया है... साल 1929 और अमेरिका का ओमाहा शहर। स्टॉक ब्रोकर हॉवर्ड बफेट अपनी पत्नी लैला और बेटी डोरिस के साथ अच्छी जिंदगी जी रहे थे। तभी अमेरिका में महामंदी का दौर शुरू हुआ और स्टॉक मार्केट क्रैश हो गया। हॉवर्ड का काफी नुकसान हुआ और परिवार का खर्च चलाना मुश्किल हो गया। इसी बीच 30 अगस्त 1930 को उनके घर वॉरेन बफेट का जन्म हुआ। पिता के कारण कम उम्र से ही बफेट बिजनेस और इन्वेस्टमेंट में दिलचस्पी लेने लगे। लाइब्रेरी में उन्हें अमेरिकी बिजनेस राइटर फ्रांसेस मिनकर की किताब 'वन थाउसैंड वेस टू मेक 1000 डॉलर' मिली, जिससे उन्होंने पैसे कमाने के तरीके सीखे और अपनाए। 6 साल की उम्र में च्विंगम बेची, 13 साल में टैक्स भरा महज 6 साल की उम्र में वॉरेन ने दादा की किराने की दुकान से खरीदे च्विंगम पड़ोसियों को बेचकर मुनाफा कमाया। फिर वे कोका-कोला की बोतलें बेचने लगे। 6 बोतल के एक सेट से वे 5 सेंट कमाते। बाद में उन्होंने अखबार, गोल्फ बॉल, पॉपकॉर्न और मूंगफली बेची। जब 11 साल के हुए तो वॉरेन न्यूयॉर्क स्टॉक एक्सचेंज घूमने गए। 1942 में पिता हॉवर्ड अमेरिकी कांग्रेस के मेंबर चुने गए। हालांकि वॉरेन ‘द वॉशिंगटन पोस्ट’ अखबार बेचते रहे, जिससे उन्हें हर महीने 175 डॉलर की कमाई होती। इसी साल उन्होंने बड़ी बहन डोरिस के साथ 120 डॉलर के 3 शेयर खरीदे। ये शेयर अमेरिकी पेट्रोलियम कंपनी सिटीज सर्विस के थे। 3 महीने बाद शेयर का भाव गिरने लगा तो बहन इन्हें बेचने को कहने लगी, लेकिन वॉरेन ने इंतजार करने का फैसला किया। 4 महीने बाद इन शेयरों से 5 डॉलर का मुनाफा हुआ। 13 साल की उम्र में उन्होंने पहला इनकम टैक्स रिटर्न फाइल किया। हाई स्कूल के दौरान 14 साल के वॉरेन ने करीब 40 एकड़ खेती की जमीन खरीदी, जिसे किराए पर चढ़ा दिया। 17 साल के वॉरेन से अपनी सेविंग्स से कुछ पिनबॉल मशीनें खरीदीं और नाई की दुकानों पर लगवा दी। छोटी बहन की रूममेट से पहली नजर में प्यार, फिर शादी किस्सा 1950 की गर्मियों का है। वॉरेन छोटी बहन बर्टी से मिलने कोलंबिया गए थे। वहीं बर्टी ने अपनी रूममेट सुसैन थॉम्पसन से उनकी मुलाकात कराई। उन्हें पहली नजर में प्यार हो गया, लेकिन सुसैन को कोई दिलचस्पी नहीं थी। फिर भी वॉरेन सुसैन से दोस्ती बढ़ाने की कोशिश करते रहे। जल्द ही वॉरेन सुसैन के पिता और साइकोलॉजी के प्रोफेसर विलियम डॉक थॉम्पसन के करीबी बन गए। धीरे-धीरे सुसैन को भी वॉरेन का साथ पसंद आने लगा। 2 साल की मशक्कत के बाद सुसैन ने वॉरेन से शादी के लिए हामी भरी। 19 अप्रैल 1952 को वॉरेन बफेट और सुसैन ने शादी कर ली। 1956 में वॉरेन ने एक इन्वेस्टमेंट पार्टनरशिप शुरू की। नाम रखा- बफेट एसोसिएट्स लिमिटेड। इसमें उन्होंने दोस्तों और परिवारवालों को जोड़ा। वॉरेन को कम उम्र से ही भरोसा था कि वैल्यू-इन्वेस्टमेंट का तरीका बहुत ज्यादा रिटर्न देगा। वॉरेन बताते हैं, ‘प्रो. ग्राहम ने मुझे ‘निवेश के दो नियम’ सिखाए, जिन्हें मैं हमेशा से अपना रहा हूं। पहला नियम- कभी पैसा मत गंवाओ और दूसरा नियम- पहले नियम को कभी मत भूलो।’ प्रो. ग्राहम वैल्यू इन्वेस्टिंग के जनक हैं। उनकी इसी थ्योरी और सीख से वॉरेन आज दुनिया के सबसे बड़े निवेशक हैं। भरोसा टूटने पर खरीदी डूबती टेक्सटाइल कंपनी बात दिसंबर 1962 की है। अमेरिकी टेक्सटाइल कंपनी बर्कशायर हैथवे घाटे में चल रही थी। दिन-ब-दिन क्लॉथ मिलें बंद हो रही थीं। तभी नौजवान इन्वेस्टर वॉरेन बफेट ने डूब रही कंपनी के शेयर प्राइस में एक पैटर्न देखा और उन्हें खरीदने लगे। धीरे-धीरे उनके पास बर्कशायर हैथवे के 7% शेयर हो गए, लेकिन कंपनी को घाटे में जाता देख वॉरेन को लगा कि पैसा डूब जाएगा। 1964 में बर्कशायर हैथवे के CEO स्टैंटन ने वॉरेन से 11.5 डॉलर पर कंपनी के शेयर खरीदने की पेशकश की। ये फायदे का सौदा था। वॉरेन राजी हो गए, लेकिन कुछ दिन बाद जब दस्तावेज मिले, तो उन पर शेयर का दाम 11.375 डॉलर लिखा था। पैसों का फर्क छोटा था, लेकिन वॉरेन को भरोसा टूटने पर गुस्सा आया। उन्होंने शेयर बेचने की बजाय और खरीदना शुरू किया और कंपनी के नए मालिक बन गए। वहीं स्टैंटन और उनके बेटे ने कंपनी के बोर्ड से इस्तीफा दे दिया। डूबती कंपनी को बचाने के लिए वॉरेन ने कई कोशिशें की, लेकिन नाकामी हाथ लगी। फिर उन्होंने बर्कशायर हैथवे को टेक्सटाइल कंपनी के बजाय होल्डिंग कंपनी बना दिया। इसके बाद कंपनी इंश्योरेंस, एनर्जी, रेल, डेयरी जैसे तमाम सेक्टर में काम करने लगी। आज कंपनी के 189 बिजनेस हैं। वॉरेन के सीईओ रहते बर्कशायर हैथवे ने एपल, कोका-कोला और बैंक ऑफ अमेरिका समेत 41 कंपनियों में 25 लाख करोड़ रुपए से ज्यादा निवेश किए। अगस्त 2024 में बर्कशायर हैथवे एक ट्रिलियन डॉलर यानी 90 लाख करोड़ रुपए की मार्केट कैप वाली अमेरिका की पहली नॉन-टेक कंपनी बनी। बर्कशायर हैथवे के पास करीब 34 लाख करोड़ रुपए नकद हैं, जो दुनिया में सबसे ज्यादा है। बर्कशायर हैथवे के पास 381 बिलियन डॉलर यानी करीब 34 लाख करोड़ रुपए कैश है। उन्होंने यह रकम न कहीं निवेश की है, न उससे सोना खरीदा है, न फिक्स्ड डिपॉजिट किया है और न ही बैंक में जमा किया है। इस रकम का एक बड़ा हिस्सा अमेरिकी ट्रेजरी बिल के रूप में हैं। अमेरिकी ट्रेजरी बिल, करेंसी नोट की तरह कैश ही माना जाता है। महंगाई के चलते हर साल इस मोटी रकम की वैल्यू 2% से 4% कम हो जाती है, फिर भी वॉरेन ऐसा करते क्यों हैं? दरअसल, वॉरेन दशक में एक बार मिलने वाले मौके का इंतजार करते हैं। जैसे- 2020 की कोरोना महामारी, 2008 का लेमन ब्रदर्स क्राइसिस और 2000 का Dot.com Bubble क्राइसिस। ऐसे मौकों पर जब ज्यादातर कंपनियां कंगाल होने लगती हैं तब वॉरेन 40% से 50% डिस्काउंट पर स्टॉक खरीदते हैं। इसके लिए वे कैश का इस्तेमाल करते हैं। 2020 में शेयरहोल्डर्स की एक मीटिंग में उन्होंने कहा था, ‘अगले 20-30 सालों में ऐसा दो या तीन बार होगा, जब सोने की बारिश हो रही होगी। तब हमें सिर्फ उसे समेटने के लिए बाहर जाना होगा, लेकिन यह कोई नहीं जानता कि ऐसा कब होगा।’ वॉरेन शेयर बाजार को Overvalued मानते हैं। यानी शेयर बाजारों में होने वाली उछाल असली नहीं। वे मानते हैं कि कभी न कभी शेयर बाजार क्रैश हो सकते हैं। इसलिए भी बफेट की कंपनी ने इतनी बड़ी रकम शेयर बाजार में निवेश करने के बजाय कैश रखी है। ये ट्रेंड अमेरिका की अन्य कई बड़ी कंपनियों में भी दिखता है, जिन्होंने दूसरी कंपनियों के शेयर के बजाय सरकारी बॉन्ड्स में इन्वेस्ट कर रखा है। 50 साल की उम्र के बाद कंपाउंडिंग से कमाई 99% संपत्ति 11 साल की उम्र से इन्वेस्टमेंट करने वाले वॉरेन बफेट ने अपनी 99% संपत्ति 50 साल की उम्र के बाद कमाई है, खासकर 60-70 की उम्र के बाद। दरअसल, वॉरेन ने पैसा कमाने के लिए दो तरकीब अपनाई… 1. वैल्यू इन्वेस्टिंग: वॉरेन ने अपने गुरु प्रो. बेंजामिन ग्राहम की वैल्यू इन्वेस्टिंग की थ्योरी अपनाई। इसके मुताबिक, केवल वही स्टॉक या कंपनी खरीदनी चाहिए, जो अपनी एक्चुअल वैल्यू यानी असली कीमत से सस्ती हो। वॉरेन का फोकस हमेशा कंपनी की इंटरनल वैल्यू, कैश फ्लो और लॉन्ग टर्म बिजनेस क्वालिटी पर रहा, न कि शॉर्ट टर्म मार्केट प्राइस पर। 2. कंपाउंडिंग: वॉरेन ने न सिर्फ पैसे से पैसा कमाया, बल्कि कमाए हुए पैसे से भी पैसा बनाया। इसे ही कंपाउंडिंग कहते हैं। मान लीजिए कि वॉरेन ने किसी कंपनी में 10 साल के लिए 10 हजार रुपए लगाए। हर साल उन्हें 10% रिटर्न मिला, जो उसी कंपनी में इन्वेस्ट होता रहा तो 10 साल बाद उन्हें कुल 25,937 रुपए मिले। यानी हर साल मिलने वाले 10% रिटर्न ने भी पैसा कमाया। भले ही इन थ्योरीज से ज्यादा पैसा कमाने में ज्यादा वक्त लगता है, लेकिन ये जरूर है कि कम पैसे से भी ज्यादा मुनाफा बनाया जा सकता है। शुरुआती 20-30 साल में कमाई धीरे-धीरे बढ़ती है, लेकिन इसके बाद के 10-20 साल में कमाई का ग्राफ तेजी से ऊपर गया। वॉरेन के साथ यही इफेक्ट 50 की उम्र के बाद हुआ। वॉरेन बफेट पैसा बनाने के लिए ये 4 वेल्थ मंत्र बताते हैं… 1. जब लोग सतर्क हों, तब लालची बन जाओ 2. बुरी खबर ही निवेशक की अच्छी दोस्त 3. वही चीज खरीदें, जिसकी समझ हो 4. लंबे समय के लिए निवेश करो और छोड़ दो बर्कशायर हैथवे कंपनी की सालाना बैठक में 3 मई 2025 को वॉरेन बफेट ने कहा, '2025 के अंत में मैं CEO के पद से रिटायरमेंट ले लूंगा और मेरे बाद कंपनी की जिम्मेदारी ग्रेग एबेल संभालेंगे।' वॉरेन चाहते हैं कि रिटायरमेंट के बाद उन्हें शांति और सुकून भरा जीवन बिताने का समय मिले। वे सार्वजनिक कार्यक्रमों में कम दिखेंगे। वे ओमाहा के उसी घर में रहेंगे, जहां वे 67 साल से रह रहे हैं। हालांकि उन्होंने किसी नई जगह रहने या जाने की बात नहीं की है। दरअसल, 1958 में वॉरेन ने ओमाहा शहर में एक घर खरीदा। तब इसकी कीमत 31,500 डॉलर थी, आज के हिसाब से 3.2 करोड़ रुपए। 6280 वर्ग फीट में बने इस घर में 5 बेडरूम और 2 बाथरूम हैं। वॉरेन बर्कशायर हैथवे के शेयर होल्डर्स के लिए सालाना खत लिखते थे, लेकिन रिटायरमेंट के बाद वे ऐसे खत नहीं लिखेंगे। हालांकि थैंक्सगिविंग मैसेज देना जारी रखेंगे। क्रिसमस पर दोस्तों, करीबियों और परिवारवालों को गिफ्ट और लेटर देते रहेंगे। 99% संपत्ति और बर्कशायर हैथवे के सभी शेयर करेंगे दान वॉरेन बफेट के पास करीब 15 हजार करोड़ डॉलर यानी करीब 13 लाख करोड़ रुपए की कुल संपत्ति है। 2006 में उन्होंने एक ‘गिविंग प्लेज’ यानी परोपकारी शपथ ली थी, जिसमें उन्होंने कहा था कि वे अपनी 99% संपत्ति दान कर देंगे। उन्होंने कहा, 'बर्कशायर हैथवे के अपने सभी शेयर धीरे-धीरे परोपकारी संस्थाओं को दान कर दूंगा। मेरी संपत्ति का 99% से ज्यादा हिस्सा मेरे रहते या न रहते दान कर दिया जाएगा। पैसों के हिसाब से ये नंबर तो बहुत बड़ा दिख रहा होगा, लेकिन लोग हर रोज इससे कहीं ज्यादा दान कर देते हैं। वॉरेन ने ये भी बताया कि इससे उनके 3 बच्चों की जिंदगी पर कोई असर नहीं पड़ेगा। उन्हें पहले ही पर्सनल यूज के लिए अच्छी-खासी रकम मिल चुकी है और भविष्य में भी मिलती रहेगी। वॉरेन ने मृत्यु के 10 साल बाद पूरी संपत्ति दान करने के लिए बनाया ट्रस्ट पिछले दो दशकों में वॉरेन 60 अरब डॉलर दान कर चुके हैं। वॉरेन चाहते थे कि उनका किया ज्यादातर दान बिल गेट्स के ‘गेट्स फाउंडेशन’ में जाए। इसमें उन्होंने 40 अरब डॉलर दिए भी हैं, लेकिन हाल ही में उन्हें लगा कि कुछ नया किया जाना चाहिए। वे बिल गेट्स के खर्चीले रवैए से भी काफी असहज थे। ऐसे में वॉरेन ने अपनी संपत्ति दान करने के लिए एक चैरिटेबल ट्रस्ट बनाया है, जिसका मैनेजमेंट उनके 3 बच्चे सुसैन, हॉवर्ड और पीटर करेंगे। यह ट्रस्ट वॉरेन की मृत्यु के बाद अगले 10 साल में उनकी संपत्ति का बड़ा हिस्सा अलग-अलग संस्थाओं को दान कर देगा। इसमें एक शर्त है कि तीनों भाई-बहनों को रजामंदी से तय करना होगा कि पैसा किसे दिया जाए। वे हर साल करीब 50 करोड़ डॉलर दान करेंगे। इसका ज्यादातर हिस्सा बच्चों से जुड़ी संस्थाओं को जाएगा। वॉरेन तीनों बच्चे लोगों की मदद करते हैं। सुसैन सोशल जस्टिस, एजुकेशन और हेल्थ पर, हॉवर्ड फूड, क्राइम और इंटरनेशनल हेल्प को लेकर और पीटर आदिवासियों की बेहतरी और भुखमरी रोकने के लिए काम करते हैं। वॉरेन ने कहा, 'मुझे भरोसा है कि मेरे बच्चे मेरे जाने के बाद ढंग से काम करेंगे। तीनों मिलकर काम करेंगे और सही फैसला लेंगे।' ग्राफिक्स- दृगचंद्र भुर्जी **** References- 1. द स्नोबॉल: वॉरेन बफेटट एंड द बिजनेस ऑफ लाइफ - एलिस श्रोएडर 2. बफेटट: द मेकिंग ऑफ एन अमेरिकन कैपटलिस्ट - रोजर लोवेनस्टीन 3. बफेटटोलॉजी - मैरी बफेटट एंड डेविड क्लार्क 4. फोर्ब्स, न्यूयॉर्क टाइम्स, ब्लूमबर्ग, बिजनेस इंसाइडर जैसे न्यूजआउटलेट्स की रिपोर्ट
जल्द अमीर बनने का सपना दिखाकर कैनविज कम्पनी ने लाखों परिवारों की नींद उड़ा दी। किसी ने खेत बेच दिया, किसी ने बैंक से लोन लिया और किसी ने जीवनभर की जमा पूंजी लगा दी। अब वही लोग थाने, चौकी और पुलिस अफसरों के चक्कर काटने को मजबूर हैं। बरेली में मंगलवार को कैनविज कम्पनी के खिलाफ पीड़ितों का गुस्सा उस वक्त फूट पड़ा, जब 50 से ज्यादा निवेशक सामूहिक शिकायत लेकर SSP अनुराग आर्य से मिले। पीड़ितों का आरोप है कि हम सभी से करीब 2 करोड़ रुपये की ठगी की गई, जबकि देशभर में लाखों लोगों से करीब हजारों करोड़ रुपये हड़पे गए हैं। SSP से मिले पीड़ित, कार्रवाई की लगाई गुहारमंगलवार को बरेली के अलग-अलग इलाकों से आए पीड़ित निवेशक SSP ऑफिस पहुंचे। सभी ने एक सुर में आरोप लगाया कि कैनविज कम्पनी ने गैंग बनाकर ठगी की साजिश रची। बरेली में पहले ही 770 लोग 26 करोड़ रुपये की ठगी की शिकायत SSP से कर चुके हैं, अब यह संख्या और बढ़ती जा रही है। 5 फीसदी मंथली प्रॉफिट का झांसा, 20 महीने तक देने का वादापीड़ितों ने शिकायत में बताया कि उन्हें हर महीने 5 फीसदी प्रॉफिट देने और 20 महीने तक मुनाफा देने का लालच दिया गया। 22वें महीने में पूरी मूलधन राशि लौटाने का भरोसा दिलाया गया। भरोसा जीतने के लिए पोस्ट डेटेड चेक, बैंक गारंटी और इनकम टैक्स के नाम पर फॉर्म 26AS का हवाला दिया गया। ग्रेसरी, फार्मा, रियल एस्टेट और ऑनलाइन ट्रेडिंग का दिखाया सपनाकम्पनी के प्रमोटरों ने दावा किया कि वे ग्रेसरी स्टोर्स, फार्मा इंडस्ट्री, रियल एस्टेट और ऑनलाइन ट्रेडिंग से मोटा मुनाफा कमा रहे हैं। पीड़ितों को आशुतोष सिटी स्थित ऑफिस और रामनगर के कथित रिसॉर्ट्स में मीटिंग के नाम पर बुलाया गया, जहां बड़ी-बड़ी गाड़ियों और आलीशान मकानों का हवाला देकर भरोसा जमाया गया। प्रमोद परिहार से शुरू हुआ खेल, कन्हैया गुलाटी तक पहुंची ठगीशिकायत के मुताबिक, सबसे पहले निवेशकों की मुलाकात प्रमोद सिंह परिहार से कराई गई, जिसने खुद को कम्पनी का फाउंडर मेंबर और 50 फीसदी पार्टनर बताया। इसके बाद कैनविज कम्पनी के मालिक कन्हैया गुलाटी, उनकी पत्नी राधिका गुलाटी, बेटा गोपाल गुलाटी, K.M Associates के फाउंडर जगतपाल मौर्य और पार्टनर अमित महेन्दु से मिलवाया गया। Distributor, Lions, Core Group जैसे नाम, सब निकला फर्जीपीड़ितों का कहना है कि कम्पनी ने निवेशकों को Distributor, Lions, Tiger, Core Group, Rudraksha, Mentor जैसे नामों से अलग-अलग कैटेगरी में बांटा। हर कैटेगरी को ID दी गई, लेकिन इनका किसी भी सरकारी या नियामक व्यवस्था में कोई अस्तित्व नहीं था। यह सिर्फ निवेशकों का भरोसा जीतने के लिए बनाई गई काल्पनिक व्यवस्था थी। कार दिलाने के नाम पर लोन, अब बैंक वसूली में जुटेकैनविज कम्पनी ने प्रॉफिट और इंसेंटिव के नाम पर निवेशकों को लोन पर कारें दिलवाईं। किस्तें भी उसी 5 फीसदी प्रॉफिट और 2 फीसदी-0.25 फीसदी इंसेंटिव से कटने का दावा किया गया। अब हालात यह हैं कि 70 फीसदी से ज्यादा लोगों की गाड़ियां बिक चुकी हैं, बाकी बिकने की कगार पर हैं। बैंक लगातार वसूली का दबाव बना रहे हैं। अप्रैल 2025 से बंद हुआ भुगतान, निवेशक सड़क परपीड़ितों ने बताया कि कुछ महीनों तक मुनाफा दिया गया, लेकिन अप्रैल 2025 के बाद अचानक सभी भुगतान बंद कर दिए गए। इसके बाद न फोन उठाए गए और न ही ऑफिस में कोई जवाब मिला। आज हालत यह है कि कई परिवार भीख मांगने की कगार पर पहुंच गए हैं, कुछ लोग मानसिक तनाव में आत्महत्या तक की सोचने लगे हैं। देशभर में दर्ज हैं 40 मुकदमे, लुक आउट नोटिस जारीपीड़ितों के मुताबिक, कन्हैया गुलाटी के खिलाफ बिहार, झारखंड, शाहजहांपुर, अयोध्या और बरेली समेत कई जिलों में मुकदमे दर्ज हैं। अब तक करीब 40 केस दर्ज हो चुके हैं। कन्हैया गुलाटी के खिलाफ लुक आउट नोटिस जारी कराया गया है ताकि वो विदेश न भाग जाए। कन्हैया गुलाटी परिवार समेत मकान बेचकर फरार हो गया है। SIT कर रही जांच, आरोपी की तलाश तेजSSP अनुराग आर्य ने बताया कि मामले की गंभीरता को देखते हुए दो SIT गठित की गई हैं। आरोपी कन्हैया गुलाटी की तलाश तेज कर दी गई है। जल्द गिरफ्तारी के लिए लगातार दबिश दी जा रही है। SSP ने भरोसा दिलाया कि पीड़ितों के साथ ठगी करने वालों को किसी भी हाल में बख्शा नहीं जाएगा। सपा नेता विशाल अग्रवाल भी ठगी के शिकारइस पूरे मामले में सियासी एंगल भी सामने आया है। समाजवादी पार्टी के नेता विशाल अग्रवाल के भी कैनविज कम्पनी में पैसा फंसने की बात सामने आई है। इससे पहले भी कई प्रभावशाली लोग ठगी का शिकार हो चुके हैं। पीड़ितों की मांग – गिरफ्तारी हो, पैसा वापस मिलेपीड़ितों ने SSP से मांग की है कि कन्हैया गुलाटी, राधिका गुलाटी, गोपाल गुलाटी, प्रमोद सिंह परिहार, जगतपाल मौर्य और अमित महेन्दु के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए। उनकी संपत्तियां और पासपोर्ट जब्त हों, सभी बैंक और ट्रेडिंग अकाउंट्स की जांच हो और निवेशकों का पैसा वापस कराया जाए। पीड़ितों का कहना है कि उन्हें मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और बरेली पुलिस पर भरोसा है। अब देखना यह है कि यह भरोसा उन्हें इंसाफ तक पहुंचा पाता है या नहीं।
2026 के लिए मोतीलाल ओसवाल की टॉप पिक्स; 46% तक रिटर्न का किया दावा
शेयर बाजार ऑलटाइम हाई के करीब है और निवेशकों के सामने सवाल है कि 2026 में पैसा कहां बनेगा। इसी बीच मोतीलाल ओसवाल वेल्थ मैनेजमेंट ने 2026 के लिए 10 हाई-कन्विक्शन स्टॉक्स की सूची जारी की है, जिनमें डिफेंसिव, साइक्लिकल और नए जमाने की कंपनियां शामिल हैं और 46% तक रिटर्न की उम्मीद जताई गई है।
Banking Stock: नए साल में शेयर बाजार में निवेश को लेकर निवेशकों की अपनी-अपनी प्लानिंग चल रही है. वे इसके लिए बाजार पर अपनी निगाहें टिकाए हुए हैं. इस बीच मार्केट एक्सपर्ट ने बैंकिंग सेक्टर से एक शेयर में निवेश की राय दी है. इस शेयर पर पात्र शेयरधारकों को डिविडेंड का भी फायदा मिल चुका है.
इंडिगो को 458.26 करोड़ रुपए का जीएसटी नोटिस
नई दिल्ली। निजी विमान सेवा कंपनी इंडिगो को वस्तु एवं सेवा कर (जीएसटी) विभाग से 458.26 करोड़ रुपए के जुर्माने का नोटिस मिला है। दिसंबर के पहले सप्ताह में बड़ी संख्या में उड़ानें रद्द करने के बाद कंपनी को केंद्रीय जीएसटी से जुड़ा यह दूसरा नोटिस है। एयरलाइंस ने मंगलवार को शेयर बाजार को बताया […] The post इंडिगो को 458.26 करोड़ रुपए का जीएसटी नोटिस appeared first on Sabguru News .
अमेरिका ने 50 फीसदी टैरिफ लगाया, रूसी तेल पर प्रतिबंध लगाने की धमकी, जियो पॉलिटिकल टेंशन से शेयर बाजार पर दवाब बढ़ा. इन सब मुश्किलों के बावजूद भारत ने अपने ग्रोथ की रफ्तार को कम नहीं होने दी. भारत की मजबूत अर्थव्यवस्था इस परेशानियों ने नहीं डगमगाई.
राजस्व निरीक्षक से 18.99 लाख की ठगी:बुलंदशहर में ऑनलाइन निवेश के झांसे में गंवाए रुपये
बुलंदशहर में खुर्जा नगर पालिका के राजस्व निरीक्षक कपिल शेखर ऑनलाइन निवेश के नाम पर 18.99 लाख रुपए की ठगी का शिकार हुए हैं। साइबर क्राइम सेल ने पीड़ित की शिकायत पर मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। कपिल शेखर ने बताया कि उन्हें ऑनलाइन बिजनेस और शेयर मार्केट में निवेश के लिए संपर्क किया गया था। आरोप है कि नोएडा के सेक्टर-58 निवासी आकांक्षा नामक युवती ने खुद को निवेश विशेषज्ञ बताकर बड़े मुनाफे का लालच दिया। युवती ने विश्वास में लेकर कपिल शेखर से अलग-अलग किस्तों में बड़ी रकम अपने खातों में ट्रांसफर करवा ली। काफी समय बीतने के बाद जब न तो कोई मुनाफा मिला और न ही जमा की गई रकम वापस हुई, तब कपिल शेखर को ठगी का अहसास हुआ। इसके बाद उन्होंने साइबर क्राइम सेल में शिकायत दर्ज कराई। जांच में सामने आया कि पीड़ित से ऑनलाइन माध्यम से कुल 18.99 लाख रुपए विभिन्न खातों में ट्रांसफर कराए गए थे। साइबर क्राइम सेल ने शिकायत के आधार पर संबंधित धाराओं में एफआईआर दर्ज कर ली है। पुलिस का कहना है कि मामले की गहन जांच की जा रही है। जिन खातों में रकम ट्रांसफर हुई है, उनकी भी पड़ताल की जा रही है। पुलिस ठगी में संलिप्त अन्य आरोपियों की भूमिका की भी जांच कर रही है।
सोना-चांदी में तूफानी तेजी; एमसीएक्स पर जोरदार उछाल से निवेशकों में बढ़ा भरोसा
एमसीएक्स पर मंगलवार को सोना और चांदी में जोरदार तेजी देखने को मिली। चांदी 5.48 प्रतिशत उछलकर 2,36,727 रुपये प्रति किलो और सोना 1,36,324 रुपये प्रति 10 ग्राम पर पहुंचा। वैश्विक अस्थिरता और सीमित आपूर्ति के चलते सुरक्षित निवेश के रूप में इन धातुओं की मांग बनी हुई है।
ग्रेटर नोएडा निवासी एक व्यक्ति को साइबर ठगों ने निवेश के बहाने 12.50 लाख रुपए ठग लिए। पीड़ित को वॉट्सऐप ग्रुप पर जोड़कर निवेश करने की ट्रेनिंग दी गई। इसके बाद उन्हें ई-23 स्टॉक मार्केट वेल्थ टिप्स नामक वॉट्सऐप ग्रुप में शामिल कर लिया और एमपोलेनकैपिटल डॉटकॉम वेबसाइट पर रजिस्ट्रेशन करा लिए। झांसे में आने के बाद पीड़ित ने पहले छोटे अमाउंट में निवेश किया। विश्वास होने पर पांच बार में कुल 12 लाख 50 हजार रुपए ठगों के खाते में ट्रांसफर कर दिए। पुलिस को ग्रेटर नोएडा सेक्टर 1 सुपरटेक इको विलेज सोसायटी निवासी पीड़ित ने बताया कि 9 नवंबर को उन्हें वॉट्सऐप नंबर से एक व्यक्ति ने संपर्क किया। जिसने उन्हें वॉट्सऐप ग्रुप पर जोड़ कर ट्रेनिंग देना शुरू कर दिया। ठग ने खुद को एडमिनिस्ट्रेटर के रूप में पहचान बताई। साथ ही डीमैट खातों के माध्यम से लाइव ट्रेडिंग में शामिल कर लिया। इसके बाद ठग ने 1 दिसंबर को वेल्थ अलायंस ग्रुप नाम का एक प्लान पेश किया। मुंबई में मीटिंग की बात भेजा फ्लाइट टिकटजिसमें सदस्यों से ट्रेडिंग प्लेटफॉर्म पर रकम जुटाई जा रही थी। उसमें पीड़ित भी शामिल हो गया। इसके बाद पीड़ित को एमपोलेनकैपिटल डॉटकॉम वेबसाइट पर रजिस्ट्रेशन कराने के बाद निवेश करने के लिए राजी कर लिया। वहीं पीड़ित को विश्वास में लेने के लिए ठगों ने मुंबई में मीटिंग रखने की बात कहकर फ्लाइट टिकट वॉट्सऐप पर भेजा। झांसे में आने के बाद पीड़ित ने ठगों के खाते में रकम ट्रांसफर कर दिया। शक होने पर ग्रुप से बाहर12 दिसंबर को निवेश की रकम निकालने की कोशिश की लेकिन ठगों ने बहाने बनाकर टरका दिया। पीड़ित को शक हुआ तो तुरंत एनसीआरपी पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराई और मामले में साइबर थाने में केस दर्ज कराया है। पुलिस रकम ट्रांसफर खातों के आधार पर जांच शुरू कर दी है।
अंग्रेजी नववर्ष-2026 का शुभारंभ एक जनवरी को गुरुवार से होगा। अंकशास्त्र के अनुसार वर्ष का कुल जोड़ 10 है यानी मूलांक एक होने से वर्ष के अधिपति सूर्यदेव रहेंगे। ज्योतिषविदों के मुताबिक सूर्य ऊर्जा के सबसे बड़े कारक है, जिससे आगामी वर्ष देश और समाज को नई ऊर्जा और उन्नति देने वाला रहेगा। हालांकि, मंगल और शनि के योगायोग के कारण प्राकृतिक आपदा और सड़क दुर्घटनाओं की संभावना भी बनी रहेगी। ज्योतिषाचार्य पं. दिनेश मिश्रा ने बताया कि वर्ष देश के लिए प्रगतिदायक रहेगा। अंतरराष्ट्रीय व्यापारिक अनुबंध मजबूत होंगे और देश की साख बढ़ेगी। गुरु जब मार्च में मिथुन राशि में सीधी चाल में आएंगे, तब उद्योग, व्यापार और शिक्षा को लाभ मिलेगा। पूर्वी और उत्तरी क्षेत्रों में कृषि और व्यवसाय के अवसर बढ़ेंगे। शनि और राहु के प्रभाव से शेयर बाजार में में बढ़ोतरी का दौर रहेगा। जबकि चांदी के भाव में गिरावट के आसार हैं। मंगल के प्रभाव से भूमि और भवन की खरीदारी बढ़ेगी। साल के पहले दिन बनेगा चतुर्ग्रही योग ज्योतिषाचार्य पं.रामवतार मिश्र के मुताबिक नववर्ष के पहले दिन धनु राशि में सूर्य, मंगल, बुध और शुक्र का चतुर्ग्रही योग बनेगा। सूर्य-चंद्र के प्रभाव से देश का यश व सेना का शौर्य बढ़ेगा और खेलों में देश का नाम रोशन होगा। जिन लोगों की कुंडली में सूर्य और मंगल अच्छी स्थिति में हैं, उन्हें विशेष लाभ मिलेगा। एक से नौ मूलांक वालों पर असर 1 कार्यक्षेत्र में उन्नति के साथ मान-सम्मान बढ़ेगा। 2 धार्मिक जनों से मिलन होगा, भाग्य उन्नति के योग बनेंगे। 3 सामाजिक मान-प्रतिष्ठा बढ़ेगी, यात्रा के योग बनेंगे। 4 कार्यक्षेत्र में बाधाएं आएंगी, धन खर्च बढ़ेगा। 5 स्वजनों के सहयोग से अधूरे कार्य पूरे होंगे। 6 गुप्त शत्रुओं से सावधान रहें, जनहानि के योग। 7 भूमि-भवन से जुड़े अच्छे योग बनेंगे, लाभ होगा। 8 साझेदारों के साथ मनमुटाव से व्यापार की उन्नति में बाधा आएगी। 9 बुद्धि की चातुर्यता से नए कार्यों में सफलता मिलेगी, धनयोग के अच्छे योग रहेंगे। (पं. रामवतार मिश्र, सिद्धपीठ श्री फतेह बालाजी धाम)
साइबर अपराधियों ने ग्रेटर नोएडा में रहने वाले एक व्यक्ति को शेयर मार्केट में निवेश का झांसा देकर 33 लाख रुपए ठग लिए। पीड़ित को 28 अक्टूबर को ई-एक्सीलेंट मार्केट स्ट्रैटजी इन्फॉर्मेशन नाम के वॉट्सऐप ग्रुप में शामिल कर लिया गया। जिसमें नादिर वर्मा नाम का ठग ने खुद को भारतीय और अमेरिकी शेयर मार्केट एक्सपर्ट के रूप में पहचान बताई। साथ ही पीड़ित को ग्रुप में ट्रेनिंग देने के बाद उन्हें पजेना इन्वेस्टमेंट नामक एक एप्लिकेशन पर रजिस्ट्रेशन करा लिया। झांसे में आने के बाद व्यक्ति ने खुद और पत्नी के नाम पर दो अकाउंट शुरू कर 9 से अधिक बार में 33 लाख रुपए ठगों के खाते में ट्रांसफर कर दिया। वहीं पीड़ित ने रुपए निकालने की कोशिश की तो ठगों ने संपर्क तोड़ लिया। वाट्सऐप ग्रुप से जोड़ा पुलिस को अतुल कुमार जैन ने बताया कि वह ग्रेटर नोएडा सेक्टर 16बी राधा स्काई गार्डन्स में रहते हैं। उनके पिता रेलवे से रिटायर्ड अधिकारी हैं। इसी साल 28 अक्टूबर को एक व्यक्ति ने उन्हें वॉट्सऐप पर मैसेज किया। जिसने खुद का नाम नादिर वर्मा बताया और भारतीय और अमेरिकी शेयर मार्केट का एक्सपर्ट होने की बात कही। इसके बाद पीड़ित को ठग ने 200 सदस्य वाले वॉट्सऐप ग्रुप में शामिल कर लिया। झांसे में लेकर 45 मेंबर वाले ग्रुप में शामिल कुछ दिन बाद ठग ने दावा किया कि वह लगभग 40 बड़े निवेशकों का एक विशेष निवेश क्लब चलाता है। जिसमें भारतीय और अमेरिकी का शेयर बाजार खुलने से पहले के घंटों के दौरान निवेश किए जाते हैं। झांसे में लेने के बाद ठग ने उन्हें 45 मेंबर वाले क्लब में शामिल कर लिया और एक पनेजा एप्लिकेशन पर रजिस्ट्रेशन भी करा लिया। पीड़ित ने खुद के नाम और अपनी पत्नी के नाम पर दो अकाउंट शुरू किए थे। जिसमें 25 नवंबर से 9 दिसंबर तक 33 लाख रुपए निवेश किए। एक लाख रुपए निकाले 12 दिसंबर को मुनाफे की रकम 1 लाख रुपए निकाले। जिसे ठगों ने आसानी से विड्राल करने दिया। इसके बाद पीड़ित ने 14 दिसंबर को और रकम निकालने की पेशकश तो ठगों ने कोई जवाब नहीं दिया। साथ ही ठगों ने संपर्क तोड़ लिया। पीड़ित ने तुरंत एनसीआरपी पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराई। मामले में साइबर थाने की पुलिस केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
इस साल फैक्ट्री में काम करने के लिए बनाए गए इंसानों जैसे दिखने वाले रोबोट का डिस्प्ले होगा। एपल के फोल्डेबल फोन्स की लॉन्चिंग भी हो सकती है। ग्लोबल इकोनॉमी की दिशा तय करने वाली बड़ी मीटिंग्स भी होंगी। 2026 के टेक और बिजनेस के 10 बड़े इवेंट... --------------------------------------------- नए साल की कवरेज में 30 दिसंबर, यानी मंगलवार को पढ़िए... मैदान पर रोते दिखे विराट कोहली: नीले ड्रम में पति की लाश छिपाने वाली मुस्कान, तीन बड़ी भगदड़, 25 तस्वीरों में देखिए 2025 का भारत -------------------------------------------- ये खबर भी पढ़े... 1. सोने में इस साल 1 लाख पर 80 हजार मुनाफा:2026 में गोल्ड, शेयर, प्रॉपर्टी में 15% तक रिटर्न की उम्मीद; कहां करें निवेश इस साल सोने ने 1 लाख रुपए के निवेश को करीब 1.80 लाख बना दिया। यहां, 80% रिटर्न मिला। वहीं शेयर बाजार 1 लाख का निवेश करीब 1.11 लाख ही बना। इसमें 11% रिटर्न मिला। मार्केट एक्सपर्ट्स के मुताबिक 2026 में सोना, शेयर और प्रॉपर्टी में 12 से 15% तक रिटर्न मिल सकता है। यानी, 1 लाख के निवेश पर करीब 15 हजार मुनाफा हो सकता है। पूरी खबर पढ़े... 2. 31 दिसंबर तक निपटा लें 4 काम:आधार-पैन लिंक के लिए आखिरी 5 दिन; गाड़ी खरीदें, स्मॉल सेविंग्स शुरू करें इस महीने के आखिर यानी, 31 दिसंबर तक गाड़ी खरीदने का अच्छा मौका है। क्योंकि 1 जनवरी से कंपनियां दाम बढ़ाने वाली हैं। वहीं छोटी बचत योजनाओं की ब्याज दरें भी घट सकती हैं। इसलिए अभी निवेश का प्लान बना रहे हैं तो ज्यादा ब्याज का फायदा मिल सकता है। पूरी खबर पढ़े...
क्लाउड निवेश के नाम पर 60 लाख से ज्यादा की ठगी, वुइनौ ग्रुप के खिलाफ केस दर्ज
लुधियाना | क्लाउड स्टोरेज में निवेश कर मोटा मुनाफा दिलाने का झांसा देकर करीब 60 लाख रुपए की ठगी करने का मामला सामने आया है। पुलिस ने वुइनौ ग्रुप ऑफ कंपनियों और उससे जुड़े लोगों के खिलाफ धोखाधड़ी और आपराधिक साजिश के आरोप में एफआईआर दर्ज की है। मामला सामने आने के बाद शहर के कई निवेशकों में भी चिंता बढ़ गई है। शिकायतकर्ता शाम लाल, निवासी सेक्टर 32-ए, चंडीगढ़ रोड ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि उन्हें वुइनौ मार्केटिंग सर्विसेज प्राइवेट लिमिटेड, जीबाइट इंफोटेक प्राइवेट लिमिटेड और जीबाइट रेंटल प्लेनेट प्राइवेट लिमिटेड के प्रतिनिधियों ने क्लाउड स्टोरेज सर्वर में निवेश का प्रस्ताव दिया था। उन्हें बताया गया कि “क्लाउड पार्टिकल” नाम के डेटा सर्वर खरीदने पर कंपनी उन्हें लंबे समय तक तय मासिक किराया देगी और यह निवेश पूरी तरह सुरक्षित है। थाना डिवीजन-7 में भारतीय न्याय संहिता की धाराओं 316(2), 318(4) और 61(2) के तहत मामला दर्ज किया गया है। जीरकपुर में दिखाया था डेटा सेंटर शिकायत के अनुसार, वुइनौ ग्रुप के सीईओ सुखविंदर सिंह खरड़, उनकी पत्नी डिंपल खरड़ और अन्य सहयोगियों ने निवेशकों को जीरकपुर स्थित डेटा सेंटर दिखाकर भरोसा दिलाया। आरोप है कि कंपनी ने दावा किया कि उनके पास बड़े पैमाने पर डेटा स्टोरेज क्षमता है और सर्वर को दूसरी कंपनियों को किराए पर देकर निवेशकों को हर महीने मोटा रिटर्न दिया जाएगा। इसी भरोसे में शिकायतकर्ता और उनके परिवार ने अलग-अलग खातों से कुल करीब 60 लाख 22 हजार 983 रुपए कंपनी में निवेश किए। शुरुआत में कुछ महीनों तक किराए के नाम पर रकम उनके खातों में आई, लेकिन बाद में भुगतान पूरी तरह बंद हो गया। जब निवेशकों ने संपर्क करने की कोशिश की तो कंपनी के दफ्तर बंद मिले और आरोपी बताए गए पते छोड़कर फरार पाए गए। पुलिस जांच में सामने आया कि प्रवर्तन निदेशालय पहले ही वुइनौ ग्रुप पर हजारों करोड़ के पोंजी स्कीम जैसे निवेश घोटाले की जांच कर रहा है।
Weekly Numerology Horoscope: वर्ष 2026 का प्रारंभ गुरुवार से हो रहा है जो की देवगुरु है अतः यह वर्ष हर दृष्टि से 2025 की अपेक्षा अच्छा जाने की संभावना है। इस वर्ष मूल्यवान धातुओ और शेयर बाजार में तेजी देखने को मिल सकती है। प्रचंड गर्मी होने की प्रबल ...
अरशद वारसी पर लगा शेयर मार्केट में बैन, जानिए क्या है मामला
बॉलीवुड एक्टर अरशद वारसी और उनकी पत्नी मारिया गोरेट्टी समेत 57 लोगों पर शेयर बाजार नियामक SEBI ने बैन लगा दिया है। उन्हें 1 साल के लिए सिक्योरिटी मार्केट से प्रतिबंधित कर दिया है। सेबी का कहना है कि ये लोग मार्केट में धोखाधड़ी जैसे कामों में पाए गए।
काजोल ने किया रियल एस्टेट में निवेश, खरीदी इतने करोड़ की कमर्शियल प्रॉपर्टी
बॉलीवुड एक्ट्रेस काजोल ने इंडस्ट्री में एक अलग मुकाम हासिल किया है। काजोल भले ही फिल्मों में कम नजर आती हो, लेकिन वह सुर्खियों में बनी रहती हैं। काजोल ने अब एक्टिंग के साथ-साथ रियल एस्टेट में भी कदम रख दिया है। काजोल ने मुंबई के गोरेगांव वेस्ट ...
जानिए क्यों पैन इंडिया सुपरस्टार प्रभास पर है 2100 करोड़ रुपए निवेश
पैन इंडिया सुपरस्टार प्रभास अपने करियर के शानदार दौर से गुजर रहे हैं, और निर्विवाद रूप से अखिल भारतीय सुपरस्टार के रूप में अपनी जगह पक्की कर रहे हैं। बाहुबली, सलार, कल्कि 2898 एडी जैसी बॉक्स ऑफिस पर धमाल मचाने वाली फिल्मों के साथ, उन्होंने भारतीय ...
खतरों के खिलाड़ी सीजन 14 के कंटेस्टेंट अभिषेक कुमार जिन्होंने बिग बॉस 17 में अपने कार्यकाल से काफी लोकप्रियता हासिल की, अपने आकर्षक व्यक्तित्व से लोगों के दिलों पर राज कर रहे हैं। विवादित रियलिटी शो में उनकी भागीदारी ने उन्हें स्टार बना दिया और उन्हें रातोंरात सफलता दिलाई। अभिषेक जो वर्तमान में रोहित शेट्टी के शो खतरों के खिलाड़ी 14 में हैं, ने साझा किया कि वह एक प्रोडक्शन हाउस खोलना चाहते हैं। इसे भी पढ़ें: Kartik Aaryan का खुलासा, Pyaar Ka Punchnama की सफलता के बावजूद उनके पास ‘कोई ऑफर नहीं था, कोई पैसा नहीं था ईटाइम्स टीवी के साथ एक इंटरव्यू में, अभिषेक ने खुलासा किया कि वह भविष्य के लिए पैसे बचा रहे हैं। उन्होंने कहा कि उनके माता-पिता चाहते हैं कि वह मुंबई में एक घर खरीदें, लेकिन वह एक व्यवसाय शुरू करना चाहते हैं। अभिषेक ने कहा कि वह एक उद्यमी बनना चाहते हैं और उनके बड़े सपने हैं जिन्हें वह हासिल करना चाहते हैं। अभिषेक कुमार मुंबई में घर नहीं खरीदना चाहते इंटरव्यू में, अभिषेक ने कहा कि उन्होंने पैसे बर्बाद करना बंद कर दिया है। उन्होंने कहा कि वह मुंबई में घर नहीं खरीदना चाहते क्योंकि शहर काफी महंगा है और कहा कि किराए पर रहना एक समझदारी भरा फैसला है। उन्होंने यहां तक कहा कि घर खरीदने में बड़ी रकम लगाने और फिर हर महीने लोन के रूप में बैंक को बड़ी EMI चुकाने का कोई मतलब नहीं है। इसे भी पढ़ें: Karan Johar को कोर्ट से मिली राहत, फिल्म Shaadi Ke Director Karan Aur Johar की रिलीज परह लगी रोक अभिषेक ने कहा कि वह अपना पैसा निवेश करना चाहते हैं और उस पर ब्याज पाना चाहते हैं। उन्होंने कहा कि वह रवि दुबे और सरगुन मेहता की तरह एक प्रोडक्शन हाउस स्थापित करना चाहते हैं। उन्होंने कहा कि वह चाहते हैं कि उनका परिवार चंडीगढ़ में घर खरीदे, लेकिन मुंबई में नहीं क्योंकि वे वहीं रह सकते हैं। उन्होंने यह भी कहा कि वह पैसे बचाना चाहते हैं और कोई दूसरा व्यवसाय शुरू करने में निवेश कर सकते हैं। KKK 14 की बात करें तो शिल्पा शिंदे शो से बाहर हो गईं। एक यूट्यूब चैनल के अनुसार, सनी वरुण ने बात की, गश्मीर, करणवीर, अदिति और अभिषेक ने निष्कासन स्टंट किया।
कंगना रनौत के किस बयान पर भड़की CISF की महिला जो सरेआम एक्ट्रेस को जड़ दिया थप्पड़, जानिए पूरा मामला
चंडीगढ़: हिमाचल की मंडी लोकसभा सीट से भारतीय जनता पार्टी सांसद एवं एक्ट्रेस कंगना रनौत से चंडीगढ़ हवाईअड्डे पर बदसलूकी के पश्चात् हंगामा मचा हुआ है. दरअसल, 6 जून को कंगना दिल्ली जाने के लिए चंडीगढ़ हवाईअड्डे पर पहुंची थीं. तभी सिक्योरिटी चेक के पश्चात् CISF की एक महिला जवान कुलविंदर कौर ने उनको थप्पड़ मार दिया. हालांकि CISF की अपराधी महिला कर्मी को निलंबित कर दिया गया है तथा उनके खिलाफ FIR दर्ज कर ली गई है. ऐसे में सवाल ये उठता है कि CISF की जवान ने थप्पड़ क्यों मारा, तो इसका जवाब है कंगना का 4 वर्ष पुराना एक ट्वीट. कंगना रनौत ने इस ट्वीट में 3 कृषि कानूनों के खिलाफ हुए किसान आंदोलन के चलते पंजाब की 80 वर्षीय एक बुजुर्ग महिला किसान की गलत पहचान करते तथा उन्हें बिलकिस बानो कहा था. कंगना ने जो ट्वीट किया था उसमें एक वृद्ध महिला नजर आ रही थीं, जो भले ही झुककर चल रही थीं, लेकिन उन्होंने किसान आंदोलन का झंडा बुलंद किए हुए था. उनका नाम मोहिंदर कौर था. कंगना ने मोहिंदर कौर की फोटो को ट्वीट करते हुए लिखा था कि ''हा हा. ये वही दादी हैं जिन्हें टाइम मैगज़ीन की 100 सबसे प्रभावशाली लोगों की लिस्ट में सम्मिलित किया गया था.... और ये 100 रुपये में उपलब्ध हैं. हालांकि कंगना रनौत ने बाद में ये ट्वीट डिलीट कर दिया था. बता दें कि कंगना ने जिस बिलकिस बानो का जिक्र किया था, वह 82 वर्षीय बुजुर्ग महिला हैं तथा उन्होंने दिल्ली के शाहीन बाग इलाके में CAA प्रोटेस्ट के चलते अंतरराष्ट्रीय सुर्खियां बटोरी थीं. कंगना के इस बयान को लेकर CISF की महिला जवान भड़की हुई थी. चंडीगढ़ हवाईअड्डे पर कंगना से बदसलूकी का वीडियो सामने आया था, इसमें CISF की यह जवान कहती नजर आ रही है कि 'इसने बोला था किसान आंदोलन में 100-100 रुपये में महिलाएं बैठती थीं. वहां मेरी मां भी थी'. राहुल गांधी ने भाजपा पर लगाया शेयर बाजार में हेराफेरी का आरोप, बताया देश का सबसे बड़ा घोटाला उत्तर भारत में भीषण गर्मी का कहर जारी, यूपी के कुछ क्षेत्रों में राहत की उम्मीद बिहार के गया जिले में भीषण सड़क हादसा, तीन लोगों की मौत

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