Bengaluru, 23 सितंबर . कर्नाटक विधानसभा में विपक्ष के नेता और वरिष्ठ भाजपा नेता आर. अशोक ने Wednesday को राज्य Government पर आरोप लगाया. उन्होंने कहा कि Government ‘गृह लक्ष्मी योजना’ के तहत मिलने वाली मासिक सहायता के लिए नई शर्तें लागू करके लाभार्थियों को अनावश्यक जांच और उत्पीड़न का शिकार बना रही है. ये ... Read more
शारजाह में कर्नाटक के व्यक्ति की हत्या, फुटेज में देंखे 9 टुकड़ों में मिला शव; पत्नी और बेटा लापता
शारजाह में कर्नाटक के व्यक्ति की हत्या, फुटेज में देंखे 9 टुकड़ों में मिला शव; पत्नी और बेटा लापता
आपके शहर में क्या है दूध का भाव? कर्नाटक में ₹42 लीटर, जानिए सबसे सस्ते दूध वाले राज्य का नाम
आपके शहर में क्या है दूध का भाव? कर्नाटक में ₹42 लीटर, जानिए सबसे सस्ते दूध वाले राज्य का नाम
वंदे मातरम पर कर्नाटक कांग्रेस प्रमुख बोले- देशभक्ति का मतलब राष्ट्रगीत गाने से न जोड़ा जाए
Bengaluru, 23 सितंबर . कर्नाटक कांग्रेस के अध्यक्ष बीके हरिप्रसाद ने Wednesday को Supreme Court की बयान का स्वागत किया. उन्होंने कहा कि Supreme Court ने एक बार फिर यह साफ कर दिया है कि ‘वंदे मातरम’ न गाने पर किसी व्यक्ति को अपराधी नहीं ठहराया जा सकता. कांग्रेस प्रमुख ने कहा कि कोर्ट का ... Read more
दिल्ली में ₹58, कर्नाटक में ₹42... आखिर कहां मिलता है देश का सबसे सस्ता दूध?
भारत में दूध सबसे सस्ता कहां मिलता है? कर्नाटक, दिल्ली-NCR, यूपी, बिहार, पंजाब, महाराष्ट्र, केरल और तमिलनाडु में दूध के दामों की तुलना जानिए. एक लीटर दूध के लिए किस राज्य में कितनी कीमत चुकानी पड़ती है.
डी.के. सुरेश ने कहा कि कई राज्यों में सहकारी संगठन और प्राइवेट डेयरी लगातार दूध और दूध से बने उत्पादों की कीमतें बढ़ा रही हैं, जबकि कर्नाटक की यूनियनों ने पिछले डेढ़ साल से दूध की कीमतें नहीं बढ़ाई हैं।
सूखे के बीच वित्त विभाग के पत्र को लेकर भाजपा ने कर्नाटक सरकार पर साधा निशाना
Bengaluru, 22 सितंबर . भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के वरिष्ठ नेता और कर्नाटक में विपक्ष के नेता आर. अशोक ने Tuesday को आरोप लगाया कि राज्य Government के अपने वित्त विभाग ने यह कहकर अपने वित्तीय संकट को उजागर कर दिया है कि नई योजनाओं और अतिरिक्त उधार लेने की बहुत कम गुंजाइश है. विधानसभा ... Read more
नंदिनी दूध 10 रुपए प्रति लीटर तक हो सकता है महंगा, कर्नाटक सरकार कर रही विचार
Bengaluru, 22 सितंबर . कर्नाटक Government सहकारी दुग्ध उत्पादक संघों की नंदिनी दूध की खरीद और विक्रय कीमत में 8 से 10 रुपए प्रति लीटर की वृद्धि की मांग पर विचार कर रही है. Chief Minister डीके शिवकुमार ने अधिकारियों को पड़ोसी राज्यों में दूध उत्पादन लागत और कीमतों से संबंधित व्यापक आंकड़े प्रस्तुत करने ... Read more
Karnataka Lokayukta ने 8 अफसरों के 33 ठिकानों पर की छापेमारी, करोड़ों की संपत्ति का हुआ खुलासा
कर्नाटक लोकायुक्त की टीम ने आय से अधिक संपत्ति के मामलों में आठ सरकारी अधिकारियों से जुड़े 33 से अधिक ठिकानों पर मंगलवार को छापेमारी कर लगभग 29.62 करोड़ रुपये की संपत्ति का पता लगाया। अधिकारियों ने यह जानकारी दी। लोकायुक्त की ओर से जारी एक प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, ये छापे बेंगलुरु, चिकबल्लापुर, कलबुर्गी, मांड्या, कोडगु, धारवाड़ और बीदर में अधिकारियों के आवासों, कार्यालयों और उनके रिश्तेदारों के परिसरों पर मारे गए। अधिकारियों ने बताया कि जिन अधिकारियों के परिसरों पर छापा मारा गया है उनमें चिक्कबल्लापुर उपायुक्त कार्यालय में कार्यरत प्रथम श्रेणी सहायक (एफडीए) दर्शन गौड़ा, वृहद बेंगलुरु महानगर पालिका (बीबीएमपी) के सेवानिवृत्त सहायक कार्यकारी अभियंता (एईई) एच. एम. रंगनाथ, बेंगलुरु की जिला रजिस्ट्रार श्रीदेवी और मदिकेरी के नगर आयुक्त एच. आर. रमेश शामिल हैं। अन्य अधिकारियों में हुब्बली विद्युत आपूर्ति कंपनी लिमिटेड (एचईएसकॉम) के सहायक कार्यकारी अभियंता (एईई) किरण कुमार बैंदूर, गुलबर्गा विद्युत आपूर्ति कंपनी लिमिटेड (जीईएसकॉम) की सहायक कार्यकारी अभियंता राजेश्वरी, कृषि विभाग के सहायक निदेशक माणिक राव और मांड्या के पिछड़ा वर्ग कल्याण विभाग में छात्रावास अधीक्षक शिवराजू शामिल हैं। विज्ञप्ति में बताया गया कि आठों मामलों में की गई छापेमारी के दौरान लगभग 29.62 करोड़ रुपये की चल और अचल संपत्ति का खुलासा हुआ है, जिसमें जमीन-जायदाद, मकान, कृषि भूमि, सोने-चांदी के आभूषण, वाहन, नकदी और बैंकों में जमा सावधि जमा शामिल हैं।
थप्पड़ मामले में कर्नाटक भाजपा विधायक की बेटी ने पुलिस अधिकारी से मांगी माफी
भाजपा विधायक बी. सुरेश गौड़ा की बेटी ऐश्वर्या ने मांड्या मंदिर में महिला पुलिस सब-इंस्पेक्टर को थप्पड़ मारने के मामले में सार्वजनिक रूप से माफी मांगी है।
Kasturirangan Report पर कर्नाटक विधानसभा में प्रस्ताव पारित, मौजूदा प्रारूप खारिज
कर्नाटक विधानसभा ने मंगलवार को एक प्रस्ताव पारित कर पश्चिमी घाट के संरक्षण पर बनी के. कस्तूरीरंगन समिति की रिपोर्ट को उसके वर्तमान स्वरूप में खारिज कर दिया। रिपोर्ट पर हुई एक विशेष चर्चा के अंत में पारित इस प्रस्ताव में केंद्र सरकार से इसमें मौजूद “कमियों” को दूर करने का आग्रह किया गया। सदन में प्रस्ताव पढ़ते हुए मुख्यमंत्री डी. के. शिवकुमार ने कहा कि कर्नाटक में पश्चिमी घाट का इलाका राज्य के प्राकृतिक संसाधनों, जैव विविधता और पारिस्थितिक संतुलन के दृष्टिकोण से बेहद महत्वपूर्ण क्षेत्र है। प्रस्ताव में कहा गया, “भारत सरकार ने 27 जुलाई 2026 को कस्तूरीरंगन रिपोर्ट के आधार पर सातवीं पर्यावरण-संवेदनशील क्षेत्र (ईएसए) मसौदा अधिसूचना जारी की, जिसमें कर्नाटक के 10 जिलों के 1,449 गांवों में फैले लगभग 20,668 वर्ग किलोमीटर क्षेत्र को ईएसए के तहत वर्गीकृत किया गया है।”प्रस्ताव में कहा गया कि ईएसए के तहत गांवों में जंगलों के साथ-साथ खेती की जमीन, बागानों और लोगों के घरों तक को शामिल कर लिया गया है। वहीं, जमीन पर जाकर कोई संयुक्त सर्वेक्षण करने के बजाय केवल उपग्रह से एकत्रित आंकड़े के आधार पर ही सीमाएं तय कर दी गईं। इसमें कहा गया कि राज्य में ‘बगैर हुकुम’ (बिना मंजूरी के जोती जा रही जमीन) पर वन अधिकारों, आधिकारिक रूप से जंगल न होकर भी जंगल माने जाने वाले क्षेत्रों, जमीनों को वैध बनाने की प्रक्रिया, और इनसे जुड़ी अपीलों व अदालती मुकदमों के कई मामले पहले से ही लंबित हैं। प्रस्ताव में कहा गया, “किसी गांव का पांचवां हिस्सा वन सीमा में आने के आधार पर पूरे गांव को पर्यावरण-संवेदनशील क्षेत्र घोषित करने से स्थानीय लोगों में गहरा असंतोष व्याप्त है।”कस्तूरीरंगन रिपोर्ट में पश्चिमी घाट पर्वत शृंखला के लगभग 37 प्रतिशत यानी लगभग 56,825 से 60,000 वर्ग किलोमीटर क्षेत्र को पर्यावरण-संवेदनशील क्षेत्र के रूप में वर्गीकृत कर उसके संरक्षण की सिफारिश की गई थी।
Tamil Nadu के कोटे से Karnataka को 70 TMC Cauvery जल देने की मांग, Supreme Court ने ठुकराई
सुप्रीम कोर्ट ने मंगलवार को तमिलनाडु और कर्नाटक के बीच कावेरी नदी के पानी के बंटवारे को फिर से तय करने की मांग वाली एक नई याचिका पर सुनवाई करने से इनकार कर दिया। कोर्ट ने कहा कि दोनों राज्य पहले से ही इस विवाद को लेकर कोर्ट में कानूनी लड़ाई लड़ रहे हैं। जस्टिस विक्रम नाथ और जस्टिस संदीप मेहता की बेंच ने कहा कि वे ऐसे अंतर-राज्यीय जल विवाद में सोसायटियों द्वारा दायर याचिकाओं पर सुनवाई नहीं करेंगे, जिस पर पहले से ही सुनवाई चल रही है। बेंच ने कहा अगर हम दो राज्यों के बीच चल रहे विवाद में सोसायटियों की याचिकाओं पर सुनवाई करने लगेंगे, तो इसका कोई अंत नहीं होगा। इस याचिका में, दूसरी मांगों के अलावा, तमिलनाडु के हिस्से में से 70 TMC कावेरी का पानी कर्नाटक को फिर से आवंटित करने की मांग की गई थी। यह घटनाक्रम तमिलनाडु को कावेरी का पानी छोड़ने के निर्देशों का कर्नाटक द्वारा पालन करने को लेकर चल रहे विवाद के बीच हुआ है। इसे भी पढ़ें: त्योहारों पर Airfare की सीमा तय नहीं करेगी सरकार, Airlines को उचित किराया रखने की दी सलाह सुप्रीम कोर्ट अलग से तमिलनाडु की उस याचिका पर सुनवाई कर रहा है जिसमें कावेरी के पानी में उसके हिस्से को तुरंत छोड़ने की मांग की गई है। 17 अगस्त को, सुप्रीम कोर्ट ने कर्नाटक को कावेरी जल प्रबंधन प्राधिकरण (CWMA) के पानी छोड़ने के आदेश का पालन करने का निर्देश दिया था। तमिलनाडु का कहना है कि बारिश की कमी वाले इस साल में उसे पानी का अपना उचित हिस्सा नहीं मिल रहा है। 3 अगस्त को, राज्य ने सुप्रीम कोर्ट का रुख किया और तर्क दिया कि कावेरी जल विनियमन समिति (CWRC) द्वारा अनुशंसित पानी का आवंटन और उसके बाद कर्नाटक द्वारा छोड़ा गया पानी, दोनों ही अपर्याप्त थे। कर्नाटक ने शीर्ष अदालत को बताया था कि उसने 31 अगस्त तक तमिलनाडु को ज़रूरत से ज़्यादा पानी छोड़ा है और वह 9,000 क्यूसेक का प्रवाह बनाए रखने के CWMA के निर्देश का पालन कर रहा है।
'देखिए ना सम्राट चौधरी ने मेरे भाई को ठोकवा दिया', तेजस्वी पर Jitan Ram Manjhi का तंज
जमुई में नाबालिग छात्रा से छेड़छाड़ का वीडियो वायरल होने के बाद सियासत जारी है। मंगलवार को मुख्य आरोपी नंदन यादव का पुलिस के साथ हाफ एनकाउंटर हुआ, जिसमें उसके पैर में गोली लगी। इस घटना के बाद हिंदुस्तानी आवाम मोर्चा (HAM) के संस्थापक और केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी ने सोशल मीडिया पर नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव पर तीखा हमला बोल दिया। मांझी ने एक्स पर लिखा कि HAM बोलते नहीं करके दिखलाते हैं। जमुई वाले मामले की जानकारी तो सबको लग ही गई होगी। पर इसमें हम आपको लेटेस्ट जानकारी दे देतें हैं। इसे भी पढ़ें: Election Commission का शेड्यूल जारी: UP, Bihar, Maharashtra और Karnataka में 23 अक्टूबर को Voting राजद नेता पर वार करते हुए मांझी ने कहा कि तेजस्वी जी कहते रहें हैं ना कि बिहार-यूपी का हर “यादव” उनका भाई है। तो उन्हीं भाईयों में से कुछ भाईयों ने जमुई में लड़की छेड़कर विडियो बनाया था ताकि हमारी सरकार को बदनाम किया जा सके। अब तेजस्वी यादव कहेंगें “देखिए ना सम्राट चौधरी ने मेरे भाई को ठोकवा दिया।” मैं अभी भी कहूँगा तेजस्वी जी अपने भाईयों को सचेत कर दिजिए,नहीं तो सम्राट की सरकार किसी को बख़्शने वाली नहीं है। “सम्राट का सुशासन” है भाई…। आपको बता दें कि जमुई में नाबालिग के साथ छेड़छाड़ के मामले का मुख्य आरोपी नंदन यादव मंगलवार को बिहार पुलिस के साथ हुई एक 'हाफ एनकाउंटर' में घायल हो गया। आरोपी के पैर में गोली लगी। यह घटना तब सामने आई जब जमुई ज़िले में सड़क किनारे लोगों के एक समूह द्वारा एक लड़के और लड़की के साथ कथित तौर पर छेड़छाड़ किए जाने का वीडियो वायरल हुआ। जमुई में 10वीं कक्षा के एक लड़के और लड़की को कुछ लोगों के समूह द्वारा परेशान किए जाने के वीडियो ऑनलाइन सामने आए थे। इसे भी पढ़ें: Jamui Case: Bihar Police की SIT का एक्शन, Half Encounter में पकड़ा गया आरोपी नंदन यादव पुलिस ने 'बच्चों को यौन अपराधों से संरक्षण' (POCSO) अधिनियम और अन्य संबंधित धाराओं के तहत FIR दर्ज की है। पुलिस के अनुसार, एक विशेष जांच टीम का गठन किया गया है और तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। बताया जा रहा है कि यह घटना 19 सितंबर को शाम करीब 7 बजे हुई, जब कोचिंग क्लास के बाद दो नाबालिग (जो दोस्त हैं) उस इलाके में गए थे। इससे पहले कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने मांग की थी कि वीडियो में दिख रहे सभी लोगों की पहचान की जाए और उन पर POCSO के तहत मुकदमा चलाया जाए।
Election Commission का शेड्यूल जारी: UP, Bihar, Maharashtra और Karnataka में 23 अक्टूबर को Voting
भारत के चुनाव आयोग (ECI) ने मंगलवार को चार राज्यों में विधान परिषद की 28 सीटों के लिए द्विवार्षिक चुनावों का कार्यक्रम घोषित किया। सदस्यों के कार्यकाल की समाप्ति को देखते हुए होने वाले इन चुनावों में उत्तर प्रदेश की 11 सीटें (पांच ग्रेजुएट और छह टीचर्स निर्वाचन क्षेत्र), बिहार की आठ सीटें (चार ग्रेजुएट और चार टीचर्स निर्वाचन क्षेत्र), महाराष्ट्र की पांच सीटें (तीन ग्रेजुएट और दो टीचर्स निर्वाचन क्षेत्र) और कर्नाटक की चार सीटें (दो ग्रेजुएट और दो टीचर्स निर्वाचन क्षेत्र) शामिल हैं। शेड्यूल के अनुसार, इन सीटों के लिए वोटिंग 23 अक्टूबर को होगी, जबकि वोटों की गिनती 27 अक्टूबर को की जाएगी। ये चुनाव लेजिस्लेटिव काउंसिल की खाली हुई सीटों को भरने के लिए कराए जा रहे हैं। इस घोषणा के साथ ही चारों राज्यों में चुनाव की प्रक्रिया शुरू हो गई है। इस प्रक्रिया में नॉमिनेशन दाखिल करना, नॉमिनेशन पेपर्स की जांच, उम्मीदवारी वापस लेना और वोटिंग शामिल होगी; ये सभी चरण चुनाव आयोग द्वारा घोषित शेड्यूल के अनुसार पूरे किए जाएंगे। इसे भी पढ़ें: Upasana Konidela ने अयोध्या के 'राम लल्ला' के मूर्तिकार अरुण योगीराज से बनवाई भगवान राम की मूर्ति, दादाजी को समर्पित किया विशेष प्रोजेक्ट पूरा शेड्यूल इस प्रकार है: नोटिफिकेशन जारी होना: 29 सितंबर, 2026 (मंगलवार) नॉमिनेशन की आखिरी तारीख: 6 अक्टूबर, 2026 (मंगलवार) नॉमिनेशन की जांच: 7 अक्टूबर, 2026 (बुधवार) उम्मीदवारी वापस लेने की आखिरी तारीख: 9 अक्टूबर, 2026 (शुक्रवार) वोटिंग की तारीख: 23 अक्टूबर, 2026 (शुक्रवार) सुबह 8:00 बजे से शाम 4:00 बजे तक वोटों की गिनती: 27 अक्टूबर, 2026 (मंगलवार), शाम 5:00 बजे से चुनाव प्रक्रिया पूरी होने की आखिरी तारीख: 31 अक्टूबर, 2026 (शनिवार) बिहार में विधान परिषद की 8 सीटों के लिए वोटिंग विधान परिषद की जिन 28 सीटों पर चुनाव होने हैं, उनमें से आठ सीटें बिहार की हैं। इस चुनाव में ग्रेजुएट्स (स्नातक) के लिए चार और टीचर्स (शिक्षक) के लिए चार निर्वाचन क्षेत्रों में वोटिंग होगी। जिन निर्वाचन क्षेत्रों में चुनाव होने हैं, उनमें पटना, दरभंगा, तिरहुत और कोसी ग्रेजुएट्स निर्वाचन क्षेत्र शामिल हैं। पटना, दरभंगा, तिरहुत और सारण टीचर्स निर्वाचन क्षेत्रों में भी चुनाव होंगे। इन सीटों पर मौजूदा सदस्यों का कार्यकाल 16 नवंबर को खत्म हो रहा है। इसे भी पढ़ें: Saudi Arabia की अपील के बाद भी Donald Trump ने बदला फैसला, Yemen में Houthi पर हमला टाला कर्नाटक विधान परिषद चुनाव कर्नाटक विधान परिषद में कुल 75 सदस्य होते हैं। मौजूदा सदस्यों में चुने गए और मनोनीत सदस्य शामिल हैं, और 7 अगस्त, 2026 के पार्टी-स्थिति डेटा के अनुसार परिषद में पांच सीटें खाली हैं। राज्य आगामी चुनाव प्रक्रिया में चार सदस्यों को चुनेगा, जिसमें दो ग्रेजुएट्स निर्वाचन क्षेत्र और दो टीचर्स निर्वाचन क्षेत्र शामिल होंगे। जिन निर्वाचन क्षेत्रों में चुनाव होने हैं, उनमें कर्नाटक दक्षिण-पूर्व ग्रेजुएट्स, कर्नाटक पश्चिम ग्रेजुएट्स, कर्नाटक उत्तर-पूर्व टीचर्स और बैंगलोर टीचर्स निर्वाचन क्षेत्र शामिल हैं।
बाइक पर 5 बच्चों को बांधकर बैठाया.. कर्नाटक का चौंकाने वाला Video
कर्नाटक से एक हैरान करने वाला वीडियो सामने आया है, जहां एक शख्स बाइक पर लगी टोकरी में 5 बच्चों को ले जाता हुआ दिख रहा है, जबकि एक बच्चा बाइक की आगे वाली सीट पर भी बैठा है. वीडियो देख कर लोग सड़क सुरक्षा और नियमों के उल्लंघन पर सवाल उठा रहे हैं.
दक्षिण भारत के आसमान पर घिरे काले बादल, आज आंध्र से कर्नाटक तक झमाझम बारिश और आकाशीय बिजली का खतरा|
दक्षिण भारत में भारी बारिश का अलर्ट; आंध्र प्रदेश, कर्नाटक और तमिलनाडु में गरज-चमक की चेतावनी
सुप्रीम कोर्ट ने कर्नाटक के धर्मस्थल में 2012 के नाबालिग दुष्कर्म और हत्या मामले में नए सिरे से एसआईटी जांच का आदेश दिया है।
एसडीपीआई ने की कर्नाटक में उर्दू को आधिकारिक भाषा का दर्जा देने की मांग
Bengaluru, 21 सितंबर . मंगलुरु और उडुपी जिलों में तुलु को अतिरिक्त आधिकारिक भाषा के रूप में मान्यता देने के हालिया निर्णय के बाद सोशल डेमोक्रेटिक पार्टी ऑफ इंडिया (एसडीपीआई) ने राज्य Government से पूरे कर्नाटक में उर्दू को आधिकारिक भाषा का दर्जा देने की मांग की है. कर्नाटक राज्य के एसडीपीआई अध्यक्ष अब्दुल मजीद ... Read more
वंदे मातरम विवाद पर प्रह्लाद जोशी का कर्नाटक सरकार पर हमला, संसद में मुद्दा उठाने की चेतावनी
Bengaluru, 21 सितंबर . केंद्रीय शिक्षा मंत्री प्रह्लाद जोशी ने Monday को कर्नाटक की कांग्रेस Government को चेतावनी देते हुए कहा कि वंदे मातरम के गायन को केवल दो अंतरों तक सीमित करने के फैसले का मुद्दा भाजपा संसद में उठाएगी. दिल्ली में मीडिया से बातचीत के दौरान जोशी ने आरोप लगाया कि कर्नाटक की ... Read more
आदिवासी कल्याण घोटाला: कर्नाटक सीएम का बड़ा बयान, बोले- बेगुनाह को देना पड़ा इस्तीफा
Bengaluru, 21 सितंबर . आदिवासी कल्याण घोटाले के सिलसिले में कांग्रेस विधायक बी. नागेंद्र के कैबिनेट मंत्री पद से इस्तीफे का जिक्र करते हुए कर्नाटक के Chief Minister डीके शिवकुमार ने Monday को कहा कि विपक्ष के दबाव के कारण Government को एक ‘बेगुनाह’ व्यक्ति से इस्तीफा लेने के लिए मजबूर होना पड़ा. उन्होंने भाजपा ... Read more
Bengaluru, 21 सितंबर . कर्नाटक के स्वास्थ्य मंत्री यूटी खादर ने Monday को कहा कि फाइजर की सीएंडएफ एजेंसी नकली दवा रैकेट की जांच कर रहे अधिकारियों के साथ सहयोग करने में विफल रही है. खादर ने कहा कि उसने अधिकारियों द्वारा मांगी गई महत्वपूर्ण जानकारी नहीं दी है. Bengaluru में पत्रकारों से बात करते ... Read more
CM Yogi के नेतृत्व में UP में कानून का राज, Meerut में बोले BJP अध्यक्ष Nitin Nabin
बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन ने 21 सितंबर को कहा कि बीजेपी सरकार के तहत उत्तर प्रदेश में भरोसे का माहौल है और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में कानून का राज है; उन्होंने इसकी तुलना पहले के अनिश्चितता और विकास के रुके होने के दौर से की। मेरठ में एक जनसभा को संबोधित करते हुए नवीन ने कहा कि आज हम कह सकते हैं कि बीजेपी सरकार के तहत भरोसे का माहौल है; एक समय था जब यहाँ अनिश्चितता का माहौल था। आज हम कह सकते हैं कि सीएम योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में कानून का राज है। एक समय था जब यहाँ विकास रुक गया था—ठप पड़ गया था—लेकिन आज हम कह सकते हैं कि उत्तर प्रदेश विकास के रास्ते पर चल पड़ा है और एक विकसित राज्य बनने की दिशा में आगे बढ़ रहा है। इसे भी पढ़ें: Balotra Municipal Council में BJP के योगेश गहलोत जीते, कांग्रेस उम्मीदवार को हराया उन्होंने कांग्रेस पार्टी पर बाबा साहेब अंबेडकर का कभी सम्मान न करने और उनकी सरकारों को गिराने की कोशिश करने का आरोप भी लगाया। नवीन ने दावा किया कि समाजवादी पार्टी के नेता राज्य को बांटने की कोशिश कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि लेकिन, यह दुर्भाग्यपूर्ण है कि कांग्रेस पार्टी ने उन्हें कभी सम्मान नहीं दिया; इसके बजाय, उन्होंने उनकी सरकारों को गिराने का काम किया। अभी भी, समाजवादी पार्टी के नेता पूरे उत्तर प्रदेश में घूम रहे हैं और एक बार फिर राज्य को बांटने की कोशिश कर रहे हैं... अंग्रेज चले गए, लेकिन उनकी 'फूट डालो और राज करो' की नीति को पहले कांग्रेस ने और बाद में SP ने अपनाया। नवीन आगामी विधानसभा चुनावों से पहले 21 और 22 सितंबर को उत्तर प्रदेश के दो दिवसीय दौरे पर हैं। उनके कार्यक्रम में संगठनात्मक बैठकें, सार्वजनिक कार्यक्रम और चुनाव की तैयारियों से जुड़ी कॉन्फ्रेंस शामिल हैं। वे आशीर्वाद लेने के लिए ऐतिहासिक स्थलों और प्रमुख मंदिरों का दौरा करने की योजना बना रहे हैं, जो सेवा, समर्पण और आस्था के प्रति BJP की निरंतर प्रतिबद्धता को दर्शाता है। 22 सितंबर को, वे मेरठ में प्रमुख हस्तियों और प्रतिष्ठित नागरिकों से मिलेंगे और उसके बाद प्रार्थना के लिए औघड़नाथ मंदिर जाएंगे। इसे भी पढ़ें: Karnataka Assembly में वंदे मातरम् का ऑडियो रुकने पर BJP विधायकों ने पूरा राष्ट्रगीत गाया सहारनपुर में, नवीन एक BJP कार्यकर्ता के घर पर दोपहर का भोजन करेंगे, जो ज़मीनी स्तर पर लोगों से जुड़ने की पार्टी की प्रतिबद्धता का प्रतीक है। इसके बाद वे क्षेत्र के पूर्व सांसदों और विधायकों से बातचीत करेंगे, और फिर चुनाव रणनीति पर चर्चा करने के लिए राज्य और क्षेत्रीय पदाधिकारियों, ज़िला अध्यक्षों, ज़िला प्रभारियों और ज़िला महासचिवों के साथ एक उच्च-स्तरीय बैठक करेंगे। इस दौरे का समापन नबिन द्वारा सिद्धपीठ शाकंभरी देवी मंदिर में मां भगवती की पूजा-अर्चना के साथ होगा, जिसमें वे सभी नागरिकों की सुख-समृद्धि और शांति तथा देश की निरंतर प्रगति के लिए प्रार्थना करेंगे, और इस तरह ज़मीनी स्तर पर पार्टी संगठन को मज़बूत करेंगे।
Balotra Municipal Council में BJP के योगेश गहलोत जीते, कांग्रेस उम्मीदवार को हराया
भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने सोमवार को राजस्थान के बालोतरा ज़िले में सभी सात चेयरपर्सन पद जीत लिए। पार्टी ने बालोतरा म्युनिसिपल काउंसिल और छह म्युनिसिपल बोर्ड - जसोल, सिवाना, समदड़ी, सिंदहारी, गुडामालानी और धोरीमन्ना - के चुनाव जीते। बालोतरा म्युनिसिपल काउंसिल में, BJP के योगेश गहलोत ने 30 वोट हासिल करके जीत दर्ज की और कांग्रेस उम्मीदवार अंकिता को हराया, जिन्हें 25 वोट मिले थे। जसोल म्युनिसिपल बोर्ड में, BJP की निर्मला प्रजापत 13 वोटों से जीतीं, जबकि कांग्रेस उम्मीदवार ममता को सात वोट मिले। सिवाना म्युनिसिपल बोर्ड में, BJP के भगवत सिंह ने 15 वोट पाकर कांग्रेस उम्मीदवार को हराया, जिन्हें 10 वोट मिले थे। समदड़ी म्युनिसिपल बोर्ड में, BJP के सुरेश कुमार 17 वोटों से जीते, जबकि कांग्रेस उम्मीदवार विक्रम बुनकर को आठ वोट मिले। सिंधारी म्युनिसिपल बोर्ड में, BJP की चंपा देवी को 14 वोट मिले, जबकि कांग्रेस उम्मीदवार भंवराराम को छह वोट मिले। गुडामालानी म्युनिसिपल बोर्ड में, BJP की शीतल भरत जैन 13 वोटों से जीतीं, जबकि कांग्रेस उम्मीदवार कल्पना शेखावत को सात वोट मिले। इसे भी पढ़ें: Jammu and Kashmir Assembly में जबरदस्त हंगामा, विधानसभा अध्यक्ष भी बोले पड़े, 'गुंडागर्दी नहीं चलेगी' धोरीमन्ना म्युनिसिपल बोर्ड में, BJP की कीर्ति गोसाईंवाल निर्विरोध चेयरपर्सन चुनी गईं। जयपुर म्युनिसिपल कॉर्पोरेशन के मेयर का चुनाव 25 सितंबर को होना है। यह चुनाव म्युनिसिपल कॉर्पोरेशन के चुने हुए सदस्यों की वोटिंग से होगा। राजस्थान चुनाव आयोग ने मेयर और डिप्टी मेयर के चुनाव का शेड्यूल जारी कर दिया है। उम्मीदवारों ने 18 और 19 सितंबर को अपने नॉमिनेशन पेपर दाखिल किए, जबकि नॉमिनेशन की जांच 21 सितंबर को होगी। नॉमिनेशन वापस लेने की आखिरी तारीख 22 सितंबर है। इस बीच, राजस्थान के शहरी निकाय चुनावों में, BJP ने जयपुर म्युनिसिपल कॉर्पोरेशन बोर्ड में बहुमत हासिल किया। जिन 146 वार्डों के नतीजे घोषित हुए, उनमें से BJP ने 78 सीटें जीतीं, जबकि कांग्रेस को 53 सीटें मिलीं और निर्दलीय उम्मीदवारों ने 15 वार्ड जीते। BJP अब मेयर चुनाव की तैयारी कर रही है और पार्टी नेताओं ने सुनील कोठारी की उम्मीदवारी पर भरोसा जताया है। इसे भी पढ़ें: Karnataka Assembly में वंदे मातरम् का ऑडियो रुकने पर BJP विधायकों ने पूरा राष्ट्रगीत गाया राज्य चुनाव आयोग ने 15 सितंबर को सुबह 7:00 बजे सभी 305 शहरी स्थानीय निकायों में चेयरपर्सन के चुनाव के लिए सार्वजनिक सूचना जारी की। इसमें जयपुर, जोधपुर और कोटा के नगर निगमों के साथ-साथ सुकेत नगरपालिका को शामिल नहीं किया गया है।
Karnataka Assembly में वंदे मातरम् का ऑडियो रुकने पर BJP विधायकों ने पूरा राष्ट्रगीत गाया
कर्नाटक विधानसभा और विधान परिषद में सोमवार को कार्यवाही की शुरुआत में आधिकारिक रूप से वंदे मातरम् के केवल दो अंतरे बजाए जाने के बाद भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के सदस्यों ने राष्ट्रगीत का पूरा संस्करण गाया। कर्नाटक सरकार ने राज्य में गंभीर सूखे की स्थिति और पश्चिमी घाट पर डॉ. कस्तूरीरंगन रिपोर्ट के प्रभावों पर चर्चा के लिए विधानमंडल का तीन दिवसीय विशेष सत्र बुलाया है। विधानसभा में सत्र की शुरुआत वंदे मातरम् से हुई, लेकिन इसका ऑडियो दो अंतरों के बाद बंद कर दिया गया। इसके तुरंत बाद विधानसभा अध्यक्ष जी.एस. पाटिल ने उन प्रमुख हस्तियों को श्रद्धांजलि अर्पित की जिनका निधन हाल में हुआ। भाजपा विधायकों ने हालांकि, राष्ट्रगीत का गायन जारी रखा और ‘वंदे मातरम्’ के नारे लगाते हुए इसका पूरा संस्करण गाया। तत्पश्चात, मुख्यमंत्री डी.के. शिवकुमार ने पूर्व विधायक आर बी शिरियन्नावर को श्रद्धांजलि देकर शोक प्रस्ताव पर बात रखनी शुरू की जिनका 27 अगस्त को निधन हो गया था। इसी तरह, विधान परिषद में सभापति सलीम अहमद ने वंदे मातरम् की रिकॉर्डिंग बंद होने के बाद परंपरा के अनुसार संविधान की प्रस्तावना को पढ़ना शुरू किया जबकि भाजपा सदस्य राष्ट्रगीत के बाकी अंतरे गाते रहे। इसके बाद भाजपा सदस्यों ने वंदे मातरम् का पूरा संस्करण नहीं बजाए जाने को लेकर सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। विधान परिषद में इस मुद्दे को लेकर हंगामा देखने को मिला और विपक्षी सदस्यों ने आसन के निकट आकर विरोध जताया। कर्नाटक की कांग्रेस सरकार के आदेश के अनुसार, राष्ट्रपति, उपराष्ट्रपति, प्रधानमंत्री या राज्यपाल की उपस्थिति वाले कार्यक्रमों को छोड़कर अन्य सभी सरकारी कार्यक्रमों में वंदे मातरम् के केवल पहले दो अंतरे ही गाए या बजाए जाएंगे। विधान परिषद में ‘वंदे मातरम्’ का पूरा संस्करण गाने के बाद भाजपा सदस्यों ने अलग से संविधान की प्रस्तावना पढ़ी। कांग्रेस के विधान परिषद सदस्यों ने इस पर आपत्ति जताते हुए विपक्षी सदस्यों पर अनादर करने और सभापति के निर्देशों का पालन न करने का आरोप लगाया। उन्होंने यह भी रेखांकित किया कि भाजपा सदस्य उस प्रस्तावना को दोबारा पढ़ रहे हैं, जिसे सदन में पहले ही पढ़ा जा चुका है। बीच-बचाव करते हुए सभापति अहमद ने कहा कि प्रस्तावना पहले ही पढ़ी जा चुकी है और राष्ट्रगीत का गायन सरकार द्वारा लिए गए फैसले के अनुसार ही हुआ। सदन के नेता एवं मंत्री यतींद्र सिद्धरमैया ने कहा कि सरकार ने निर्णय लिया है कि राष्ट्रपति, उपराष्ट्रपति, प्रधानमंत्री और राज्यपाल की उपस्थिति वाले कार्यक्रमों को छोड़कर, सरकारी कार्यक्रमों में वंदे मातरम् के केवल दो शुरुआती अंतरे ही गाए जाने चाहिए। उसी अनुसार दोनों सदनों में केवल दो अंतरों का गायन हुआ। भाजपा सदस्यों ने सरकार पर ‘वंदे मातरम्’ और स्वतंत्रता सेनानियों का अपमान करने का आरोप लगाते हुए नारेबाजी की, जिससे सत्तापक्ष और विपक्ष के बीच तीखी बहस छिड़ गई। उपमुख्यमंत्री जी. परमेश्वर ने हस्तक्षेप करते हुए आरोप लगाया कि विपक्ष को सूखे और कस्तूरीरंगन रिपोर्ट जैसे जनहित के मुद्दों पर चर्चा करने में कोई रुचि नहीं है, बल्कि वह केवल राजनीति में रुचि रखता है। इससे भाजपा सदस्य भड़क गए और सदन में हंगामा बढ़ गया। जैसे ही परमेश्वर ने कस्तूरीरंगन रिपोर्ट पर चर्चा शुरू की, भाजपा सदस्य वंदे मातरम्’ को दो अंतरों तक सीमित करने के विरोध में आसन के निकट आ गए और सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। परमेश्वर का बयान पूरा होने के बाद सभापति ने सदन की कार्यवाही कुछ समय के लिए स्थगित कर दी। सदन की कार्यवाही पुन: शुरू होने पर सभापति ने कहा कि उन्होंने वंदे मातरम् के मुद्दे पर सत्तापक्ष और विपक्ष दोनों से बात की है और हर कोई इस विषय पर चर्चा चाहता है। उन्होंने आश्वासन दिया कि वह सरकार के साथ इस मुद्दे पर चर्चा करेंगे और आगे की कार्यवाही तय करेंगे। पीठ के सुझाव को स्वीकार करते हुए भाजपा सदस्यों ने अपना विरोध वापस ले लिया।
Karnataka Assembly का 3 दिवसीय विशेष सत्र 21 सितंबर से, सूखे और Kasturirangan Report पर होगी चर्चा
कर्नाटक विधानसभा का तीन दिन का विशेष सत्र 21 सितंबर से शुरू होगा। इसमें राज्य के सामने मौजूद दो अहम मुद्दों पर चर्चा होगी: सूखे की स्थिति और पश्चिमी घाट में पर्यावरण की दृष्टि से संवेदनशील इलाकों पर कस्तूरीरंगन रिपोर्ट। जहां सत्ताधारी कांग्रेस और विपक्षी पार्टियां BJP और JD(S) कस्तूरीरंगन रिपोर्ट का विरोध करने पर मोटे तौर पर सहमत दिख रही हैं, वहीं सूखे के मुद्दे पर तीखी बहस होने की संभावना है। विपक्ष ने सरकार पर स्थिति को संभालने और किसानों को पर्याप्त राहत देने में नाकाम रहने का आरोप लगाया है, जबकि कांग्रेस ने केंद्र से सहयोग न मिलने की बात कही है। यह विशेष सत्र इसलिए बुलाया गया है क्योंकि पिछले महीने हुए मॉनसून सत्र के दौरान विधानसभा सूखे की स्थिति और पश्चिमी घाट के पर्यावरण की दृष्टि से संवेदनशील इलाके पर केंद्र के ड्राफ्ट नोटिफिकेशन पर राज्य की प्रतिक्रिया पर चर्चा नहीं कर पाई थी। इसे भी पढ़ें: Ramanagara में POCSO आरोपी शिक्षक ने SP ऑफिस की तीसरी मंजिल से कूदकर जान दी मंत्री बी. नागेंद्र के इस्तीफे की मांग को लेकर विपक्ष के विरोध के कारण वह सत्र बाधित हुआ और उसे समय से पहले खत्म करना पड़ा। कस्तूरीरंगन रिपोर्ट पर आधारित सातवां ड्राफ्ट केंद्र सरकार ने 27 जुलाई, 2026 को जारी किया था और इस पर आपत्तियां दर्ज कराने के लिए 60 दिन का समय दिया था। कर्नाटक ने केंद्र के ड्राफ्ट नोटिफिकेशन को बार-बार खारिज किया है। नए ड्राफ्ट में छह राज्यों में फैले 56,000 वर्ग किलोमीटर इलाके को पर्यावरण की दृष्टि से संवेदनशील क्षेत्र घोषित करने का प्रस्ताव है। कर्नाटक में, 10 जिलों - बेलगावी, चामराजनगर, चिकमगलूर, कोडगु, हासन, उत्तर कन्नड़, दक्षिण कन्नड़, मैसूरु, शिवमोग्गा और उडुपी - के 33 तालुकों और 1,449 गांवों का 20,668 वर्ग किलोमीटर इलाका इसके दायरे में आता है। राज्य का कहना है कि इससे किसानों की आजीविका और भविष्य के विकास पर बुरा असर पड़ेगा। इसे भी पढ़ें: Kasturirangan Report पर भौतिक सत्यापन की मांग पर विचार करेगी कर्नाटक सरकार: DK Shivakumar यह सत्र ऐसे समय में हो रहा है जब कर्नाटक के कई इलाके सूखे की चपेट में हैं। अब तक 124 तालुकों को सूखा-प्रभावित घोषित किया जा चुका है और दूसरे इलाकों में भी आकलन का काम चल रहा है। रविवार को सकलेशपुरा में पत्रकारों से बात करते हुए मुख्यमंत्री डी.के. शिवकुमार ने कहा कि सरकार ने कस्तूरीरंगन रिपोर्ट समेत लोगों से जुड़े मुद्दों पर चर्चा करने के लिए यह विशेष सत्र बुलाया है। उन्होंने कहा कि दोनों सदनों के सदस्यों को अपनी राय रखने का मौका दिया जाएगा। शिवकुमार ने बताया कि कई जिलों के विधायकों और जन-प्रतिनिधियों के साथ पहले ही चर्चा हो चुकी है और उडुपी, चिकमगलूर, हासन और शिवमोग्गा जिलों में लोगों की राय भी ली गई है। उन्होंने कहा कि सरकार फैसला लेते समय प्रभावित इलाकों के निवासियों की समस्याओं पर भी विचार करेगी।
'वंदे मातरम्' पर कर्नाटक में हंगामा, 2 स्टैंजा बाद रुका ऑडियो तो BJP ने पूरा गाया
कर्नाटक विधानसभा में 'वंदे मातरम्' का ऑडियो दो स्टैंजा के बाद रोक दिया गया. इसके बाद बीजेपी विधायकों ने बाकी स्टैंजा खुद गाना शुरू कर दिया. पूरा मामला राज्य सरकार के उस आदेश से जुड़ा है, जिसमें सामान्य सरकारी कार्यक्रमों में पहले दो स्टैंजा गाने की व्यवस्था की गई है.
IMD Weather Update: भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने सोमवार 21 सितंबर के लिए देश भर का विस्तृत मौसम बुलेटिन जारी कर दिया है। मौसम विभाग के मुताबिक आज दक्षिण भारत, मध्य भारत और द्वीपीय क्षेत्रों में मौसमी गतिविधियों में काफी तेजी रहेगी। तेलंगाना, आंध्र प्रदेश, कर्नाटक और छत्तीसगढ़ समेत देश के 7 प्रमुख क्षेत्रों में अलग-अलग जगहों पर मूसलाधार बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। इसके अलावा, कई राज्यों में गरज-चमक, आकाशीय बिजली और तेज रफ्तार हवाएं चलने का पूर्वानुमान जताया गया है।आज इन 7 राज्यों और क्षेत्रों में भारी बारिश की चेतावनीमौसम विभाग के आज के बुलेटिन के मुताबिक देश के 7 प्रमुख क्षेत्रों में अलग-अलग स्थानों पर भारी बारिश होने की प्रबल संभावना है। जिन इलाकों में भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है, उनमें अंडमान और निकोबार द्वीप समूह, छत्तीसगढ़, तटीय आंध्र प्रदेश, कर्नाटक, मध्य महाराष्ट्र, तमिलनाडु, पुडुचेरी व कराइकल और तेलंगाना शामिल हैं।40 से 50 kmph की रफ्तार से आंधी और बिजली का अलर्टदक्षिण भारत, पूर्वी भारत और द्वीपीय क्षेत्रों के कई हिस्सों में आज गरज-चमक के साथ 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज झोंकेदार हवाएं चलने का अनुमान है। यह मौसमी असर अंडमान और निकोबार द्वीप समूह, तटीय कर्नाटक, दक्षिण आंतरिक कर्नाटक, रायलसीमा, तमिलनाडु, पुडुचेरी व कराइकल, तेलंगाना, झारखंड और ओडिशा के पृथक स्थानों पर देखने को मिलेगा। इन सभी क्षेत्रों में बिजली गिरने की भी आशंका जताई गई है।तटीय आंध्र और बंगाल में 30 से 40 kmph की हवाएंदेश के कुछ अन्य राज्यों में गरज-चमक के साथ 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की गति से हवाएं चलने का पूर्वानुमान है। तटीय आंध्र प्रदेश, गांगेय पश्चिम बंगाल और उत्तर आंतरिक कर्नाटक के अलग-अलग हिस्सों में आंधी-तूफान के साथ हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है। इसके साथ ही आंध्र प्रदेश में तेज सतही हवाएं चलने की भी चेतावनी दी गई है। मध्य, पश्चिमी और पूर्वोत्तर भारत में आकाशीय बिजली चमकने की आशंकामौसम विभाग ने देश के एक बड़े भूभाग में केवल गरज-चमक और आकाशीय बिजली कड़कने का अलर्ट जारी किया है। जिन राज्यों में बिजली गिरने की संभावना है, उनमें असम व मेघालय, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम व त्रिपुरा, छत्तीसगढ़, मध्य प्रदेश, महाराष्ट्र, कोंकण व गोवा, पूरे गुजरात राज्य, पूर्वी राजस्थान, केरल व माहे और लक्षद्वीप शामिल हैं।
केंद्रीय सांख्यिकी संगठन की रिपोर्ट के अनुसार, रांची देश के सबसे अधिक आबादी वाले 100 जिलों में शिक्षा, रोजगार या प्रशिक्षण से वंचित (NEET) युवाओं की सबसे कम दर वाले जिलों में शामिल है। 15-29 आयु वर्ग के केवल 16.5% युवा NEET श्रेणी में हैं।
कर्नाटक के हासन जिले के प्रभारी मंत्री के.एम. शिवलिंगेगौड़ा के सरकारी अधिकारियों को 'टिप' देने संबंधी बयान पर राजनीतिक विवाद खड़ा हो गया है। इस बयान का बीजेपी और स्थानीय किसानों ने कड़ा विरोध किया, जिसके बाद मंत्री ने सफाई देते हुए कहा कि उनके बयान का गलत अर्थ निकाला गया।
Karnataka FDA ने फर्जी दवा गिरोह पर कसा शिकंजा, 16 विक्रेताओं के लाइसेंस किए रद्द
कर्नाटक खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन (एफडीए) ने रविवार को बताया कि नकली दवाओं के कथित रूप से वितरण और बिक्री के मामले में 16 खुदरा एवं थोक विक्रेताओं के दवा लाइसेंस रद्द कर दिए गए जबकि आठ अन्य दुकानों के लाइसेंस निलंबित कर दिये गये। यह कार्रवाई प्रशासन के औषधि प्रवर्तन दल की 18 अगस्त को की गई जांच के बाद हुई। जांच के दौरान बेंगलुरु दक्षिण जिले के बिदादी स्थित कुरुबरकेरनहल्ली में एक फार्महाउस पर बिना लाइसेंस वाली दवाओं की दोबारा पैकिंग और लेबल बदलने की गतिविधि का खुलासा हुआ था। अधिकारियों ने बताया कि छापेमारी के दौरान करीब 5.05 करोड़ रुपये मूल्य की नकली दवाएं, मशीनरी और प्रिंटिंग सामग्री जब्त की गई। विभाग ने एक विज्ञप्ति में बताया कि प्रारंभिक जांच में पता चला कि पड़ोसी राज्यों से खरीदी गई कम कीमत वाली दवाओं को नई शीशियों में कथित रूप से दोबारा पैक किया गया और उन्हें बहुराष्ट्रीय कंपनियों की महंगी जीवनरक्षक दवाओं के रूप में नए लेबल के साथ बेचा गया। विभाग के मुताबिक, इनमें ‘फाइजर’ ब्रांड के नाम वाले कथित रूप से उत्पाद भी शामिल थे। विभाग ने बताया कि नकली लेबल पर क्यूआर या स्कैनिंग कोड भी लगाए गए थे लेकिन सत्यापन के दौरान ये काम नहीं कर रहे थे। विभाग के मुताबिक, जब्त किए गए उत्पाद सार्वजनिक स्वास्थ्य के लिए गंभीर खतरा उत्पन्न कर सकते हैंविभाग ने बताया कि औषधि एवं प्रसाधन सामग्री अधिनियम, 1940 के तहत आपराधिक मामला दर्ज किया गया है। अधिनियम की धारा 17बी के तहत नकली दवाओं को मिलावटी (स्प्यूरियस) दवाओं की श्रेणी में रखा गया है। विभाग ने बताया कि ऐसी दवाओं के निर्माण, बिक्री, भंडारण या वितरण से जुड़े अपराधों के लिए धारा 27 के तहत कठोर सजा का प्रावधान है, जिसमें कठोर कारावास और जुर्माना शामिल है।
नूंह जिले के रोजकामेव थाना क्षेत्र में साल 2018 में एक फॉर्च्यूनर गाड़ी सस्ते दाम में दिलाने का झांसा देकर 4 लाख 30 हजार रुपए और एक मोबाइल फोन लूट लिया गया था। इस मामले में पुलिस ने करीब आठ साल से फरार चल रहे आरोपी सेकुल निवासी भीलमका, थाना डीग, जिला डीग (राजस्थान) को गिरफ्तार किया है। आरोपी को कोर्ट में पेश किया गया, जहां से उसे 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया। पुलिस प्रवक्ता कृष्ण कुमार के अनुसार, 5 जनवरी 2018 को कर्नाटक निवासी मोहम्मद असरफ ने शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत में बताया गया था कि उन्हें फोन पर सात लाख रुपए में फॉर्च्यूनर गाड़ी बेचने का प्रस्ताव दिया गया था। गाड़ी खरीदने के लिए वह अपने साथी के साथ दिल्ली पहुंचे। वहां से कुछ लोग उन्हें स्कॉर्पियो गाड़ी में बैठाकर फिरोजपुर झिरका की ओर ले जाने लगे। रास्ते में रोककर 4.30 लाख और मोबाइल लूटा आरोप है कि सोहना क्षेत्र के पास रास्ते में गाड़ी रोककर आरोपियों ने पहले से मौजूद अपने अन्य साथियों के साथ मिलकर शिकायतकर्ता से करीब 4 लाख 30 हजार रुपए से भरा बैग और उनके साथी का मोबाइल फोन छीन लिया। इसके बाद आरोपी मौके से फरार हो गए। मामले की जांच के दौरान पुलिस ने स्कॉर्पियो और घटना में इस्तेमाल किए गए मोबाइल नंबरों की जांच की। जांच में मुस्तकीम, शमशेर उर्फ दलशेर, राशिद, तैय्यब, मकसूद और सेकुल समेत अन्य लोगों के नाम सामने आए। पुलिस ने पहले मुस्तकीम और शमशेर को गिरफ्तार किया था। उनके कब्जे से लूटी गई रकम का कुछ हिस्सा और अन्य सबूत बरामद किए गए थे। अलग-अलग लोगों ने प्रयाेग किया लूटा गया मोबाइल जांच में लूटा गया मोबाइल फोन अलग-अलग लोगों द्वारा इस्तेमाल किए जाने की जानकारी सामने आई। पूछताछ और जांच के दौरान पुलिस के मुताबिक, मोबाइल फोन सेकुल द्वारा बेचे जाने और बाद में वापस लिए जाने की बात सामने आई, जिसके आधार पर मामले में उसकी संलिप्तता सामने आई। पुलिस के मुताबिक, आरोपी लंबे समय से गिरफ्तारी से बच रहा था। उसके खिलाफ कोर्ट की ओर से गिरफ्तारी वारंट और भागोड़ा घोषित करने की कार्रवाई की जा चुकी थी। बाद में उसे प्रोडक्शन वारंट पर मामले की जांच में शामिल किया गया।
देश के महान इंजीनियर रहे एम विश्वेश्वरैया का 15 सितंबर को जन्म हुआ था। वह देश के महान इंजीनियर, विद्वान और प्रशासक थे। उनको भारत के आधुनिक इंजीनियरिंग विकास के प्रमुख वास्तुकारों में गिना जाता है। उन्होंने भारतीय इंजीनियरिंग को नई दिशा देने का काम किया था। विश्वेश्वरैया ने सिंचाई के लिए ब्लॉक सिस्टम विकसित किया था, जिसको इंजीनियरिंग का अब तक का अद्भुत कारनामा माना जाता है। तो आइए जानते हैं उनकी बर्थ एनिवर्सरी के मौके पर एम विश्वेश्वरैया के जीवन से जुड़ी कुछ रोचक बातों के बारे में... जन्म और परिवार मैसूर राज्य के कोलार जिले के चिक्काबल्लापुर तालुक में 15 सितंबर 1860 को एम विश्वेश्वरैया का जन्म हुआ था। वह तेलुगु परिवार से ताल्लुक रखते थे। शुरूआती शिक्षा गांव से पूरी होने के बाद 1880 में उन्होंने बीए की पढ़ाई की। इसके बाद उन्होंने मैसूर सरकार की सहायता से पूना के साइंस कॉलेज से इंजीनियरिंग की पढ़ाई की और पहला स्थान हासिल किया। इसे भी पढ़ें: Neem Karoli Baba Death Anniversary: जानिए Lakshman Narayan Sharma के Neem Karoli Baba बनने का सफर कर्नाटक का भगीरथ टॉरर होने के कारण महाराष्ट्र सरकार ने विश्वेश्वरैया को सहायक इंजीनियर के पद के लिए चुना। विश्वेश्वरैया के नाम मैसूर और कर्नाटक के क्षेत्रो में कृष्णराजसागर बांध सहित बहुत से निर्माण कार्य किए। जिसने कर्नाटक को एक नई ऊंचाइयों पर खड़ा कर दिया और आज भी विश्वेश्वरैया को कर्नाटक का भगीरथ भी कहा जाता है। उपलब्धियां वहीं कर्नाटक से बाहर विश्वेश्वरैया के नाम कम उपलब्धियां नहीं रही हैं। ग्वालियर का टिगरी डैम हो, सिंधु नदी से सुक्कुर कस्बे को पानी की आपूर्ति की योजना हो या साल 1952 में पटना में गंगा नदी पर राजेंद्र सेतु के निर्माण की योजना हो। विश्वेश्वरैया ने हर जगह अपनी काबिलियत का लोहा मनवाया। उन्होंने सिर्फ देश ही नहीं बल्कि मिस्र, कनाडा, अदन, अमेरिका और रूस में अपनी उपस्थिति दर्ज कराई। नियोजन पर किताबें देश के शुरूआती विकास का आधार रही पंचवर्षीय योजनाओं को शुरू करने की प्रेरणा रूस की पंचवर्षीय योजना से ली गई थी। साल 1928 में रूस द्वारा ऐसी योजनाएं शुरू की थी। लेकिन इससे 8 साल पहले साल 1920 में उन्होंने रीकंस्ट्रक्टिंग इंडिया पर ऐसी योजनाओं का जिक्र किया था। वहीं साल 1935 प्लांड इकोनॉमी ऑफि इंडिया किताब लिखी। विश्वेश्वरैया को लंबी और सेहतमंद उम्र के लिए भी जाना जाता है। 92 साल की उम्र में विश्वेश्वरैया ने पटना के राजेंद्र सेतु का निर्माण करवाया था। साल 1955 में उनको भारत के सर्वोच्च सम्मान भारत रत्न से नवाया गया था। जब विश्वेश्वरैया 100 साल के लिए तो उनके सम्मान में एक डाक टिकट जारी किया गया। मृत्यु वहीं 14 अप्रैल 1962 को 101 साल की उम्र में एम विश्वेश्वरैया का निधन हो गया था।
Travel Tips: Karnataka के Hampi में घूमें ऐतिहासिक मंदिर और Stone Chariot, ऐसे बनाएं टूर प्लान
अगर आप भी किसी ऐतिहासिक जगह पर घूमना चाहती हैं, जहां पर आप पुराने खंडहर, मंदिर, इतिहास और खूबसूरत पहाड़ देखना चाहती हैं। तो आपको कर्नाटक के हम्पी जाना चाहिए। कर्नाटक में तुंगभद्रा नदी के किनारे बसा हम्पी कभी विजयनगर साम्राज्य की राजधानी हुआ करता था। आज भी आपको यहां पर बाजार, राजमहल, पुराने मंदिर और पत्थरों से बनी कई शानदार इमारतों के अवशेष दिखेंगे। हम्पी की खासियत यह है कि यहां पर सिर्फ इतिहास नहीं बल्कि बड़े-बड़े ग्रेनाइट पत्थरों से बने बेहद खूबसूरत नजारे देखने को मिलेंगे। देश-विदेश से लोग यहां घूमने के लिए आते हैं। ऐसे में ज इस आर्टिकल के जरिए हम आपको यहां जाने से लेकर घूमने तक की पूरी जानकारी देने जा रहे हैं। इसे भी पढ़ें: Foreign Travel Mistakes: पहली विदेश यात्रा को आसान बनाने के लिए इन जरुरी नियमों को पहले ही जान लें हम्पी की खासियत हम्पी को देखकर ऐसा महसूस होगा, जैसे आप किसी पुराने शहर के बीच आ चुकी हैं। कभी हम्पी विजयनगर साम्राज्य की बड़ी और अमीर राजधानी थी। 14वीं से 16वीं सदी के दौरान यहां पर अच्छी खासी रौनक देखने को मिलती थी। यहां पर आज भी पुराने बाजार, मंदिर, राजघराने से जुड़ी इमारतें और दूसरी ऐतिहासिक जगहों के अवशेष देखने को मिलेंगे। हम्पी में जरूर देखें ये जगहें विरुपाक्ष मंदिर यह मंदिर भगवान शिव को समर्पित है। यह यहां के खास मंदिरों में से एक है और आज भी यहां पर पूजा-अर्चना की जाती है। मंदिर का ऊंचा गोपुरम आपको दूर से ही नजर आएगा। यह मंदिर हम्पी बाजार के पास है। विजय विट्ठल मंदिर और स्टोन चैरियट इस मंदिर की गिनती हम्पी के सबसे शानदार ऐतिहासिक जगहों में की जाती है। मंदिर में खूबसूरत नक्काशी वाले कई खंबे देखने को मिलेंगे। इस जगह की सबसे बड़ी खूबसूरती स्टोन चैरियट यानी पत्थर का रथ है। इसको ग्रेनाइट से बनाया गया है, जोकि भगवान विष्णु के वाहन गरुण को समर्पित है। फिर इसके आगे आपको हाथियों की मूर्तियां भी बनी हैं। यह भारत के 50 रुपए के नोट पर भी दिखता है। लोटस महल आप यहां आने के दौरान लोटस महल जा सकते हैं। यह महल रॉयल सेंटर में हैं और इसका डिजाइन खिले हुए कमल की तरह है। इस कारण इसको लोटस महल कहा जाता है। इसकी बालकनी, मेहराब और पूरी डिजाइन ही इसको अन्य इमारतों से एकदम अलग बनाता है। हाथी अस्तबल आप हाथी अस्तबल भी जा सकते हैं। विजयनगर साम्राज्य के दौरान हाथियों को रखने के लिए इस जगह का इस्तेमाल होता था। इसमें लंबी इमारत में 11 बड़े गुंबददार कमरे बने हैं। क्वीन बाथ यह उस दौरान शाही परिवार के लिए एक पर्सनल क्वीन बाथ बनाया गया था। भले ही यह इमारत बाहर से सिंपल लगे, लेकिन अंदर जाने पर बड़ा सा चौकोर पूल, मेहराब और बालकनी देखने को मिलेगी। मातंगा हिल अगर आपको पूरा हम्पी देखना है, तो मातंगा हिल जाने का प्लान कर सकती हैं। यह हम्पी की सबसे ऊंची जगह है। यहां पर आपको तुंगभद्रा नदी, चट्टानों और खंडहर का बेहद शानदार नजारा दिखता है। यहां पर आपको सनराइज या सनसेट के समय पर जाना चाहिए। उग्र नरसिंह प्रतिमा हम्पी में एक ही ग्रेनाइट पत्थर से उग्र नरसिंह की बड़ी सी प्रतिमा बनाई गई है, जिसकी ऊंचाई करीब 6.7 मीटर है। इस प्रतिमा की खासियत यह है कि यह हम्पी की सबसे बड़े एक पत्थर से बनी मूर्ती में से एक है। हेमकूट हिल आप यहां पर हेमकूट हिल भी जा सकती है। यहां पर आपको कई छोटे मंदिर मिलेंगे। यहां से हम्पी के खंडहर और आसपास का इलाका देख सकते हैं। सुबह और शाम के समय यहां जाना बेस्ट है। हम्पी बाजार विजयनगर साम्राज्य के समय हम्पी बाजार एक बड़ा व्यापारिक इलाका था। यहां की बाजार वाली सड़क पर आपको आज भी पत्थर के पुराने मंडप देखने को मिलेंगी। उस दौरान हम्पी बाजार में हीरे, मोती, घोड़ों औऱ मसाले आदि का व्यापार होता है। चट्टानों वाला इलाका हम्पी में आपको सिर्फ पुराने मंदिर ही नहीं बल्कि जगह-जगह पर बड़े-बड़े ग्रेनाइट के पत्थर दिखेंगे। हम्पी में क्या-क्या करें आप यहां पर तुंगभद्रा नदी में कोरकल राइड का मजा ले सकते हैं। आप साइकिल लेकर यहां की अलग-अलग ऐतिहासिक जगहों को एक्सप्लोर कर सकते हैं। चट्टानों के कारण यहां पर आप बोल्डरिंग और रॉक क्लाइंबिंग भी की जाती है। आप मातंगा हिल से सनराइज या फिर सनसेट का खूबसूरत नजारा देख सकते हैं। तुंगभद्रा नदी के दूसरी ओर विरुपापुर गड्डे हैं, इसको हिप्पी आइलैंड भी कहा जाता है। ऐसे पहुंचे हम्पी अगर आप फ्लाइट से जाना चाहती हैं, तो हम्पी के लिए सबसे नजदीक जिंदल विजयनगर एयरपोर्ट है, जोकि करीब 40 किमी दूर है। वहीं बेंगलुरु का केम्पेगौड़ा इंटरनेशनल एयरपोर्ट अच्छा ऑप्शन हो सकता है। अगर आप ट्रेन से जाना चाहती हैं, तो हम्पी के पास रेलवे स्टेशन होसपेट जंक्शन नजदीक है। यह करीब 13 किमी दूर है। यहां से आगे जाने के लिए टैक्सी, बस और दूसरी सवारी से हम्पी पहुंच सकते हैं। वहीं सड़क से हम्पी की दूरी करीब 340 किमी है। आपको बस या कार से पहुंचने में करीब 6-7 घंटे का समय लग सकता है। अगर आप बेंगलुरु या आसपास से हम्पी जा रही हैं, रोड ट्रिप भी अच्छा रहेगा। आसपास घूमने की जगहें हम्पी से तुंगभद्रा डैम करीब 15 किमी दूर है। तुंगभद्रा नदी के दूसरी ओर अनेगुंडी एक ऐतिहासिक गांव है। जोकि हम्पी से भी पुराना है और इस गांव का संबंध रामायण की कथाओं से है। हम्पी से करीब 25 किलोमीटर की दूरी पर दारोजी स्लॉथ बियर सेंचुरी स्थित है, ऐसे में आप यहां भी जा सकती है। सनापुर लेक का नजारा देखने के अलावा आप कोरकल राइड और सनराइज भी देख सकती हैं।
दही मिलाकर बनाएं कर्नाटक की फेमस कद्दू कडुबू, नोट करें रेसिपी
कद्दू की सब्जी तो बहुत खाई होगी, लेकिन एक बार नाश्ते में कर्नाटक की फेमस डिश पंपकिन कडुबू बनाकर खाएं. इस रेसिपी को बनाने में बिल्कुल मेहनत नहीं लगती है और न ही घंटों रसोई में खड़े होना पड़ता है. इस डिश को आप झटपट ब्रेकफास्ट में बना सकते हैं. आइए आपको इसकी आसान रेसिपी बताते हैं.
Karnataka Minister Brasavaraj Rayareddy ने क्यों की Islam की तारीफ, बीजेपी ने मांग लिया इस्तीफा!
कर्नाटक में Basavaraj Rayareddy Statement को लेकर सियासी विवाद बढ़ गया है। कर्नाटक के उच्च शिक्षा मंत्री Basavaraj Rayareddy पर आरोप है कि उन्होंने एक कार्यक्रम के दौरान Islam को बाकी सभी धर्मों से श्रेष्ठ बताया और इसे वैज्ञानिक धर्म बताया
Karnataka Government ने RSS के पथ संचलन में शामिल दो Teachers को क्यों किया सस्पेंड? Priyank Kharge
कर्नाटक में RSS के पथ संचलन में शामिल होना दो सरकारी शिक्षकों को भारी पड़ गया है। शिक्षा विभाग ने RSS कार्यक्रम में शामिल होने को सरकारी सेवा के आचरण नियमों का उल्लंघन मानते हुए दोनों शिक्षकों को विभागीय जांच पूरी होने तक निलंबित कर दिया है।
Karnataka High Court ने क्यों कहा- Parents की सेवा करना बहू की जिम्मेदारी नहीं? Married Woman
कर्नाटक हाईकोर्ट ने हाल ही में एक मामले की सुनवाई के दौरान शादीशुदा महिलाओं के अधिकारों को लेकर बेहद अहम टिप्पणियां की हैं। हाईकोर्ट ने स्पष्ट किया है कि कोई भी पति अपनी पत्नी को घर का काम करने या अपने माता-पिता की देखभाल करने के लिए मजबूर नहीं कर सकता और ना ही उस पर हुक्म चला सकता है।
अगर आप रोज-रोज एक ही तरह के पकौड़े या नमकीन खाकर बोर हो गए हैं, तो इस बार कर्नाटक के मशहूर मद्दुर वड़े को जरूर ट्राई करें।
कावेरी विवाद को लेकर SC पहुंचा तमिलनाडु, कर्नाटक ने जल संकट को बताया गंभीर
तमिलनाडु ने अदालत को बताया कि कर्नाटक ने सिंचाई के लिए पानी छोड़ना शुरू कर दिया है, लेकिन तमिलनाडु को अभी तक उसके हिस्से का पानी नहीं मिला है. इससे खेती-किसानी पर गंभीर असर पड़ रहा है.
मेरी जान तिरंगा है... आजादी के रंग में नहाया देश, कश्मीर से कर्नाटक तक जश्न
80वें स्वतंत्रता दिवस पर देशभर में जश्न की अलग-अलग तस्वीरें देखने को मिलीं. दिल्ली से लेकर कर्नाटक, पश्चिम बंगाल, राजस्थान और जम्मू-कश्मीर तक लोगों ने अपने-अपने अंदाज में आजादी का पर्व मनाया. इंडिया गेट तिरंगे के रंगों में रोशन हुआ, जबकि विभिन्न राज्यों में सांस्कृतिक कार्यक्रमों और समारोहों का आयोजन किया गया.
Karnataka में RSS शाखाएं कैसे लगेंगी, कांग्रेस सरकार ला रही नया कानून। DK Shivakumar। Priyank Kharge
क्या कर्नाटक में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) की शाखाओं पर बैन लगने वाला है? मुख्यमंत्री डीके शिवकुमार (DK Shivakumar) के नेतृत्व वाली कर्नाटक सरकार ने एक ऐसा बिल कैबिनेट से पास किया है, जिसने राज्य की सियासत में भूचाल ला दिया है
साउथ स्टार यश की अपकमिंग फिल्म 'टॉक्सिक' कर्नाटक में किसी भी फिल्म के लिए अब तक की सबसे बड़ी थिएट्रिकल रिलीज़ के लिए तैयार है, जहां टीम का लक्ष्य राज्य के बॉक्स ऑफिस इतिहास की सबसे बड़ी ओपनिंग हासिल करना है। यह फिल्म पूरे राज्य में रिकॉर्ड तोड़ ...
आंध्र को एयरपोर्ट-सेमिकंडक्टर प्लांट की सौगात, कर्नाटक में विवेक स्मारक का उद्घाटन करेंगे PM
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी शनिवार को दक्षिण भारत के दौरे पर रहने वाले हैं. आंध्र प्रदेश को वे अल्लूरी सीताराम राजू इंटरनेशनल एयरपोर्ट और सेमीकंडक्टर मैन्युफैक्चरिंग यूनिट की सौगात देने वाले हैं.
फैक्ट चेक: राम मंदिर चंदा चोरी विवाद से जोड़कर शेयर किया गया कर्नाटक का वीडियो
बूम ने पाया वायरल फुटेज कर्नाटक के बेंगलुरु स्थित गली अंजनेय स्वामी मंदिर में हुई हेराफेरी से जुड़ा है, जोकि साल 2024 में चर्चा में आया था.

