प्रेम जाल या नौकरी का झांसा देकर लड़कियों को ट्रैप करता है गैंग दैनिक भास्कर बिहार के सीमांचल में देह व्यापार से जुड़े एक सिंडिकेट का पहली बार खुलासा कर रहा है जो रेस्क्यू कराई जा रही लड़कियों को फर्जीवाड़ा कर बालिका गृह से मुक्त करा लेता है। दोबारा इन लड़कियों को फिर उसी सिंडिकेट में धकेल दिया जा रहा है। इनपुट था कि सीमांचल के जिलों पूर्णिया और किशनगंज में खलीफा ‘सरनेम’ वाला एक गैंग इसी मोडस ऑपरेंडी के जरिए काम कर रहा है। भास्कर ने इसकी पड़ताल की। ऐसे मामलों से जुड़े कुछ महत्वपूर्ण दस्तावेज हाथ लगे। इनकी पड़ताल में सामने आया कि यह सिंडिकेट रेड लाइट इलाकों से रेस्क्यू की गई लड़कियों की लीगल कस्टडी तक हासिल कर रहा है। इस नेटवर्क को पूर्णिया, किशनगंज, सीतामढ़ी सहित अन्य जिलों में ‘खलीफा’ सरनेम वाला एक गैंग ऑपरेट कर रहा है। इनका नेटवर्क बिहार, झारखंड, पश्चिम बंगाल, असम और नेपाल तक फैला है। यह गैंग लड़कियों को प्रेम जाल या नौकरी का झांसा देकर लाता है और फिर बेच देता है। बच्चियों के नाम तक बदल दिए जाते हैं। पड़ताल में पता चला कि पूर्णिया का अब्दुल्ला नगर,रानीपतरा व जीरोमाइल, हरदा बाजार,किशनगंज का खगड़ा माछमारा और सीतामढ़ी का बोहा टोला, इस्लामपुर इनके मुख्य सेंटर हैं। वो सब कुछ जो आपके लिए जानना जरूरीक्या है मामलाखलीफा गिरोह बच्चियों को बालिका गृह से मुक्त कराने के लिए तरह-तरह के हथकंडे अपना रहा है। पुलिस की रेड के बाद रेस्क्यू कराई गई लड़कियों को यह गिरोह फर्जी दस्तावेज का इस्तेमाल और नकली अभिभावक बनकर बालिका गृह से छुड़ा लेता है। उन्हीं बच्चियों को रेड लाइट एरिया से दोबारा रेस्क्यू किया जा रहा है। कथित तौर पर कई मामलों में खुद इसी व्यापार से जुड़े रिश्तेदारों को बच्चियों की कस्टडी सौंप दी गई। यहां तक की खुद पुलिस रेड में पकड़ा गया कथित पिता जेल से लेटर लिखकर अपनी बेटी की कस्टडी तय कर रहा है, तो कहीं उसी धंधे से जुड़ी बहन को बच्ची सौंपी जा रही है। कई मामलों में वही नाम, वही गवाह, वही इलाके और वही सिंडिकेट बार-बार सामने आ रहे हैं। हाईकोर्ट का आदेश फिर भी सौंप दी जा रही कस्टडीपड़ताल में पता चला कि वर्ष 2021 में पटना हाईकोर्ट ने बच्चियों की कस्टडी को लेकर आदेश जारी किया था। ‘हनीफ-उर-रहमान बनाम बिहार राज्य (2021)’ फैसले में तय सुरक्षा मानकों जैसे सोशल इन्वेस्टीगेशन रिपोर्ट, स्वतंत्र सत्यापन, अभिभावकों की गहन जांच और बच्ची के‘बेस्ट इंटरेस्ट (सर्वोत्तम हित) की बात कही गई और इसका अनुपालन करने को कहा गया, इसके बावजूद इस तरह के मामले सामने आ रहे हैं। दूसरी ओर किशोर न्याय अधिनियम (JJ Act) की धारा 94 के मुताबिक उम्र निर्धारण के लिए मैट्रिक के प्रमाणपत्र, जन्म प्रमाणपत्र और दोनों न होने पर मेडिकल बोर्ड की जांच मान्य है। सुप्रीम कोर्ट और विभिन्न हाई कोर्ट अपने कई फैसलों में स्पष्ट कर चुके हैं कि आधार कार्ड उम्र निर्धारण का कानूनी दस्तावेज नहीं है। हर मामले में पेच1 निवास प्रमाण पत्र और उम्र की पुष्टि के लिए वार्ड पार्षदों और सरपंचों के लेटर हेड का सहारा लि जा रहा है। 2 एक मामले में पूर्णिया की एक वार्ड पार्षद ने लड़कियों के निवास प्रमाण पत्र बनाए, उम्र और परिजनों की पुष्टि की। हालांकि पार्षद के बेटे ने दावा किया कि उसकी मां, लड़की और परिजनों को नहीं जानतीं। मां पढ़ी-लिखी नहीं हैं, संभव हैं कि उन्हीं लोगों ने कागज तैयार कर सिर्फ मेरी मां से हस्ताक्षर करवा लिया हो। 3 एक अन्य मामले में सरपंच ने एक लड़की का निवास प्रमाण पत्र जारी किया। दावा किया कि उसका पिता उनके पास खुद आया था। भास्कर ने जब पिता से बात की तो उसने दावा किया कि उस समय वह जेल में था। बच्ची और उसके पिता के आधार में पता अलग-अलग मिला और अन्य दस्तावेजों में भी ऐसा ही मिला। नेपाल से असम एक ही पैटर्ननेपाल की 16 वर्षीय बच्ची को कपड़े के कारखाने में अच्छी मजदूरी दिलाने का झांसा देकर सीतामढ़ी लाया गया और फिर उसे मंजूर खलीफा के हाथों बेच दिया गया। उसे इसी साल अप्रैल में रेस्क्यू कराया गया। असम की 15 वर्षीय बच्ची को एक लड़के ने प्रेम-प्रसंग में फंसाकर भगाया और सीतामढ़ी लाकर 10 लाख रुपए में बेच दिया। सुप्रीम कोर्ट ने प्रज्जवला बनाम भारत सरकार के फैसले में कानून की व्याख्या की हैसुप्रीम कोर्ट के जस्टिस पारदीवाला और महादेवन की पीठ ने प्रज्जवला बनाम भारत सरकार के फैसले में वेश्यावृत्ति और मानव व्यापार को रोकने वाले आईटीपीए 1956 के कानून की व्याख्या की है। जिसके अनुसार पीड़ित लड़कियों का पुर्नवास सरकार की जिम्मेदारी है। पुलिस और न्यायिक व्यवस्था में सुराख और दस्तावेजों के फर्जीवाड़े से लड़कियों को वेश्यावृत्ति में दोबारा धकेलने वाले तंत्र के खुलासे के लिए सीबीआई जांच होनी चाहिए। आपराधिक दलालों के खिलाफ बीएनएस, आईटीपीए, पाक्सो के कानूनी प्रावधानों और मकोका के तहत मुकदमा दर्ज करके कठोर दंड मिलना चाहिए।- विराग गुप्ता, सुप्रीम कोर्ट के वकील और रेप लाज एंड डेथ पेनाल्टी के लेखक पूर्णिया की पार्षद के बनाए निवास प्रमाण पत्र और आधार में पते अलग। प्रोवेशन अधिकारी की रिपोर्ट में खुलासा।
भाजपा की बैठक में शामिल होने पर असम विधानसभा अध्यक्ष पर कांग्रेस का निशाना
असम विधानसभा में विपक्ष के पूर्व नेता और कांग्रेस नेता देबब्रत सैकिया ने गुरुवार को विधानसभा अध्यक्ष रंजीत कुमार दास पर निशाना साधा
मणिपुर में भीड़ ने असम राइफल्स के शिविर पर किया हमला, वाहनों में की तोड़फोड़
सेनापति। मणिपुर के सेनापति में भीड़ ने मंगलवार रात असम राइफल्स के शिविर पर हमला किया और गाड़ियों को नुकसान पहुंचाया। रक्षा मंत्रालय के जनसंपर्क अधिकारी (पीआरओ) और प्रवक्ता ने बुधवार को बताया कि मंगलवार रात राज्य के सेनापति शहर में असम राइफल्स के शिविर पर बेकाबू भीड़ ने पत्थरबाजी, आगजनी और जमकर तोड़-फोड़ की। […] The post मणिपुर में भीड़ ने असम राइफल्स के शिविर पर किया हमला, वाहनों में की तोड़फोड़ appeared first on Sabguru News .
मणिपुर में असम राइफल्स कैंप पर हिंसक हमला, तीन वाहन फूंके; तलाशी अभियान के बाद बढ़ा तनाव
मणिपुर के सेनापति जिले में असम राइफल्स कैंप पर हिंसक भीड़ ने हमला कर तीन वाहनों को आग के हवाले कर दिया। तलाशी अभियान के बाद भड़की हिंसा, सुरक्षा बलों ने हालात पर पाया काबू।
सिंगर जुबीन गर्ग की मौत का सच गहराया, असम सरकार ने जांच के लिए गठित की एसआईटी
फेमस असमिया और बॉलीवुड सिंगर जुबीन गर्ग के अचानक निधन से उनके फैंस के बीच शोक की लहर है। जुबीन गर्ग का 19 सितंबर को सिंगापुर में समुद्र में स्कूबा डाइविंग के दौरान निधन हो गया था। असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने राज्य के डीजीपी से जुबीन गर्ग ...
कौन हैं असम की अर्चिता फुकन? अमेरिकी एडल्ड स्टार संग तस्वीर शेयर करके मचाई सनसनी
असम की रहने वाली अर्चिता फुकन इन दिनों सुर्खियों में छाई हुई है। बीते दिनों अर्चिता ने एक अमेरिकी एडल्ड स्टार केंड्रा लस्ट के साथ तस्वीर शेयर की थी, जो देखते ही देखते वायरल हो गई। इसके बाद से हर कोई जानना चाहता है कि आखिर अर्चिका फुकन है कौन? ...
Ramen Baruah missing : मनोरंजन जगत से एक हैरान करने वाली खबर सामने आ रही है। असम के प्रख्यात गायक, संगीतकार और निर्देशक रमन बरुआ तीन दिन से लापता हैं। रमन बरुआ बीते सोमवार गुवाहाटी के लतासिल इलाके में अपने घर से पास के मंदिर में दर्शन करने के लिए ...

