क्या अरुणाचल में चीन ने बना लिया कैंप? घुसपैठ की खबरों पर भारतीय सेना का बड़ा बयान
भारतीय सेना ने अरुणाचल प्रदेश में चीन की पीपुल्स लिबरेशन आर्मी (PLA) द्वारा कथित घुसपैठ और कैंप स्थापित किए जाने की मीडिया रिपोर्टों को सिरे से खारिज कर दिया है। सेना ने सोमवार को जारी बयान में कहा कि ये सभी दावे गलत हैं और इनका कोई तथ्यात्मक आधार नहीं है। सेना ने कहा कि हमने कुछ मीडिया रिपोर्टें देखी हैं, जिनमें अरुणाचल प्रदेश में चीनी पीएलए द्वारा हालिया घुसपैठ और कैंप स्थापित किए जाने का दावा किया गया है। ये रिपोर्टें पूरी तरह गलत और निराधार हैं। ALSO READ: क्या Pakistan के साथ Track 2 Dialogue करेगा भारत, विदेश सचिव का बड़ा बयान दरअसल, कई मीडिया संस्थानों ने अरुणाचल प्रदेश के अपर सुबनसिरी जिले में रहने वाले नाह (Nah) जनजातीय समुदाय के हवाले से दावा किया था कि पिछले 6 वर्षों के दौरान चीनी सैनिकों ने सीमा से लगे कुछ क्षेत्रों में अतिक्रमण किया है। रिपोर्टों में कहा गया कि कथित अतिक्रमण के कारण स्थानीय लोगों के लिए अपने मवेशियों को चराना मुश्किल हो गया है। नाह वेलफेयर सोसाइटी (NWS) के अध्यक्ष केरू चाडर ने दावा किया कि चीनी पीएलए ने उनके पूर्वजों की जमीन और पारंपरिक शिकार क्षेत्रों पर कब्जा कर लिया है। उनका कहना था कि इनमें से कई इलाके वर्ष 2020 से चीन के कब्जे में हैं। हालांकि, चाडर और उनकी संस्था ने यह भी कहा कि उन्हें भारतीय सेना पर पूरा भरोसा है, जिसने वर्षों से इस क्षेत्र और स्थानीय लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित की है। ALSO READ: Delhi EV Policy : ₹30 लाख तक की इलेक्ट्रिक कारों पर रोड टैक्स-रजिस्ट्रेशन शुल्क माफ, ई-ऑटो होंगे अनिवार्य, क्या है दिल्ली ईवी पॉलिसी गलवान झड़प के बाद बदले हालात भारत और चीन के बीच वर्ष 2020 में गलवान घाटी में हुई हिंसक झड़प के बाद सीमा पर तनाव काफी बढ़ गया था। इस संघर्ष में भारत के 20 सैनिक शहीद हुए थे। चीन के भी कई सैनिक मारे गए थे, लेकिन बीजिंग ने आज तक आधिकारिक संख्या सार्वजनिक नहीं की। हालांकि पिछले कुछ वर्षों में दोनों देशों के बीच सैन्य और राजनयिक स्तर पर लगातार बातचीत के चलते स्थिति में काफी सुधार आया है। ALSO READ: CBSE की नई भाषा नीति लागू, जानिए किन छात्रों पर नहीं होंगे नए नियम और किसे पढ़नी होगी अतिरिक्त भारतीय भाषा LAC पर स्थिति स्थिर, सेना पूरी तरह सतर्क भारतीय सेना प्रमुख जनरल उपेंद्र द्विवेदी ने सोमवार को कहा कि दोनों देशों की सेनाओं के बीच अब तक 1,100 से अधिक ग्राउंड-लेवल इंटरैक्शन हो चुके हैं, ताकि किसी भी तरह की गलतफहमी से बचा जा सके। उन्होंने कहा कि वास्तविक नियंत्रण रेखा (LAC) पर स्थिति फिलहाल स्थिर है और भारतीय सेना शांति बनाए रखने के साथ-साथ देश की सीमाओं की सुरक्षा के लिए पूरी तरह सतर्क और सक्षम है। ALSO READ: Bajaj Chetak, Ola S1 Pro, TVS iQube, Hero Vida V2 को टक्कर देने आ रहा है सस्ता विएतनामी इलेक्ट्रिक स्कूटर जनरल द्विवेदी ने कहा कि सैन्य स्तर पर लगातार संवाद ने सीमा पर शांति और स्थिरता बनाए रखने में अहम भूमिका निभाई है। लेकिन हमारी नीति 'शक्ति के साथ शांति' की है। एलएसी पर भारतीय सेना का रुख आगे भी मजबूत, विश्वसनीय, सतर्क और भारत की क्षेत्रीय अखंडता तथा राष्ट्रीय हितों की रक्षा के लिए पूरी तरह सक्षम रहेगा। Edited by : Sudhir Sharma
अरुणाचल के आदिवासी समुदाय का बड़ा दावा, कहा- भारत की जमीन पर चीन ने किया कब्जा
अरुणाचल प्रदेश के अपर सुबनसिरी जिले में नाह आदिवासी समुदाय ने चीन पर भारतीय जमीन पर अतिक्रमण का आरोप लगाया है। प्रशासन को ज्ञापन सौंपकर जांच और कार्रवाई की मांग की गई है।
अरुणाचल प्रदेश में सेना के एक ट्रक के दुर्घटनाग्रस्त होने से मोहाली जिले के भारतीय सेना के सूबेदार सुरिंदर सिंह शहीद हो गए। उनका ट्रक खाई में जा गिरा था। इस दुर्घटना में 2 अन्य जवान घायल भी हुए, जिनका इलाज चल रहा है। जानकारी के अनुसार, गांव नगलियां के निवासी 47 वर्षीय सूबेदार सुरिंदर सिंह सेना में बतौर ड्राइवर तैनात थे। हादसे के दौरान उनके सिर में गंभीर चोट लगी, जिसके चलते उन्होंने शहादत प्राप्त की। रविवार को उनके पैतृक गांव में सैन्य सम्मान के साथ उनका अंतिम संस्कार किया गया। उनके 11 साल के बेटे परमिंदर सिंह ने उन्हें मुखाग्नि दी। सेना ने शहीद की पत्नी बीबी रणजीत कौर को तिरंगा झंडा दिया, जिसमें शहीद के पवित्र शरीर को लपेटा गया था। उनकी सर्विस के 4 साल बचे थे। बेकाबू होकर खाई में गिरा था ट्रक जानकारी के अनुसार, अरुणाचल प्रदेश के पश्चिम कामेंग जिले के दिरांग में शुक्रवार दोपहर को हादसा हुआ। भारतीय सेना की 18 सिख लाइट इन्फैंट्री का एक ट्रक अनियंत्रित होकर NH-13 से फिसल गया और 30वीं बटालियन, सशस्त्र सीमा बल (SSB) के पास एक गहरी ढलान पर जा गिरा। यह घटना शुक्रवार दोपहर करीब 2 बजे की है, जब सेना का ट्रक तीन जवानों के साथ अपनी यूनिट की ओर जा रहा था। पहाड़ी रास्ते पर वाहन अपना नियंत्रण खो बैठा और सड़क के किनारे लगी एसएसबी कैंपस की चेन-लिंक फेंसिंग को तोड़ते हुए नीचे खाई में लुढ़क गया। सूबेदार ने दम तोड़ा, 2 अब भी घायल दुर्घटना की सूचना मिलते ही 30वीं बटालियन एसएसबी की रैपिड रेस्क्यू टीम (RRT) मौके पर पहुंची और बचाव कार्य शुरू किया। क्षतिग्रस्त ट्रक से घायल जवानों को बाहर निकाला गया। एक जवान को प्राथमिक उपचार के बाद बोमडिला जिला अस्पताल रेफर किया गया, जबकि दो अन्य जवानों को दिरांग के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC) ले जाया गया। दुर्भाग्यवश, दिरांग के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में इलाज के दौरान सूबेदार सुरेंद्र सिंह ने दम तोड़ दिया और वे शहीद हो गए। वहीं, घायल दो अन्य जवान अभी भी बोमडिला जिला अस्पताल और दिरांग CHC में चिकित्सा निगरानी में हैं, जहां उनकी स्थिति स्थिर बताई जा रही है। गांव नगलियां में हुआ अंतिम संस्कार शहीद सूबेदार सुरिंदर सिंह का पार्थिव शरीर शनिवार देर शाम उनके पैतृक गांव नगलियां पहुंच गया था। परिवार और गांव के लोगों के मुताबिक, सूबेदार सुरिंदर सिंह ने कठिन परिस्थितियों में मेहनत और लगन के दम पर भारतीय सेना में जगह बनाई थी। अपनी काबिलियत और सेवाओं के चलते वह सूबेदार के पद तक पहुंचे थे। भाई और बहन की जा चुकी सड़क हादसे में जान बताया जा रहा है कि कुछ वर्ष पहले शहीद सुरिंदर सिंह के बड़े भाई और छोटी बहन की भी सड़क हादसे में मौत हो चुकी है। परिवार में अब उनकी बुजुर्ग मां, पत्नी और एक बेटा हैं। इस घटना के बाद पूरा परिवार गहरे सदमे में है। ॰॰॰॰॰॰॰॰॰ यह खबर भी पढ़ें… पंजाब के नायक लेह में शहीद, 5 माह पहले शादी हुई, पत्नी से आखिरी बात की रोपड़ के रहने वाले नायक सरबजीत सिंह लद्दाख के लेह में शहीद हो गए। वह अत्यधिक ऊंचाई वाले क्षेत्र में तैनात थे, जहां ऑक्सीजन की कमी के कारण उनकी तबीयत बिगड़ गई। इसके बाद उनका निधन हो गया। उनकी पर्थिव देह पैतृक गांव बिंद लाई गई, जहां उनका अंतिम संस्कार हुआ। पढ़ें पूरी खबर…
देशभर में मौसम का मिजाज तेजी से बदल रहा है क्योंकि दक्षिण-पश्चिम मॉनसून (South-West Monsoon) अब अपने पूरे शबाब पर है। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने एक बड़ा वेदर बुलेटिन जारी करते हुए असम, मेघालय, बिहार, झारखंड और पश्चिम बंगाल समेत देश के करीब 27 राज्यों में आने वाले दिनों के लिए भारी से बहुत भारी बारिश और तेज आंधी-तूफान का महा-अलर्ट जारी किया है। मौसम विभाग के ताजा अनुमान के मुताबिक, आगामी 3 जुलाई 2026 तक पूरे देश में मौसम का मिजाज बदला रहेगा और व्यापक रूप से झमाझम वर्षा होने की संभावना है।वर्तमान में मॉनसून की उत्तरी सीमा सूरत, इंदौर, मांडला, डालटनगंज और मोतिहारी से होकर गुजर रही है। राहत की बात यह है कि अगले 3 से 4 दिनों के भीतर मॉनसून के उत्तर अरब सागर, गुजरात, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, झारखंड, बिहार के बचे हुए हिस्सों और उत्तर प्रदेश व उत्तराखंड के कुछ और नए इलाकों में तेजी से आगे बढ़ने के लिए परिस्थितियां पूरी तरह अनुकूल बनी हुई हैं।पूर्वोत्तर भारत और बंगाल-सिक्किम में आफत की बारिश: रेड अलर्ट जारीमौसम विभाग ने पूर्वोत्तर भारत और पश्चिम बंगाल के पहाड़ी इलाकों में मूसलाधार बारिश का अनुमान जताते हुए अलर्ट जारी किया है। इन पहाड़ी क्षेत्रों में भूस्खलन (Landslide) और निचले इलाकों में बाढ़ का खतरा बढ़ गया है:उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल और सिक्किम: इन क्षेत्रों में 27 से 29 जून के दौरान कई स्थानों पर भारी से बहुत भारी बारिश होने और अलग-अलग हिस्सों में बेहद भारी बारिश होने की प्रबल आशंका है। इसके बाद 30 जून को भी बहुत भारी बारिश होगी, जबकि 1 से 3 जुलाई तक भारी बारिश का दौर लगातार जारी रहेगा।असम और मेघालय: इन दोनों राज्यों में 27 जून और फिर 29-30 जून को अलग-अलग स्थानों पर बहुत भारी बारिश का अलर्ट है। सबसे गंभीर स्थिति 28 जून को होने की संभावना है, जब असम और मेघालय में अत्यंत भारी बारिश का रेड अलर्ट लागू रहेगा। इसके बाद 1 से 3 जुलाई तक भी यहां भारी बारिश जारी रहेगी।अरुणाचल प्रदेश: यहाँ 27 से 29 जून के दौरान अलग-अलग स्थानों पर बहुत भारी बारिश का अनुमान है, जबकि 30 जून से 2 जुलाई तक भारी बारिश दर्ज की जा सकती है।नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा: इन चारों पूर्वोत्तर राज्यों में 27 जून से लेकर 3 जुलाई तक लगातार अलग-अलग स्थानों पर भारी बारिश की संभावना व्यक्त की गई है।बिहार, झारखंड और ओडिशा समेत पूर्वी भारत का हालबिहार: बिहार में 27 और 28 जून को अलग-अलग स्थानों पर भारी बारिश की संभावना है। इसके बाद 29 और 30 जून को राज्य में कुछ जगहों पर बहुत भारी बारिश होने का अलर्ट जारी किया गया है। 1 जुलाई को भी यहां भारी बारिश होगी, जबकि 27 से 29 जून के दौरान आकाशीय बिजली चमकने और 30 जून से 1 जुलाई के बीच 30-40 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलने का अनुमान है।ओडिशा: ओडिशा में 27 से 29 जून और फिर 2-3 जुलाई को भारी बारिश हो सकती है। मौसम विभाग के मुताबिक 30 जून और 1 जुलाई को ओडिशा में कुछ स्थानों पर बहुत भारी बारिश दर्ज की जा सकती है।झारखंड और गांगेय पश्चिम बंगाल: इन दोनों राज्यों में 30 जून और 1 जुलाई को अलग-अलग स्थानों पर भारी बारिश की संभावना है। इसके साथ ही 27 जून से 3 जुलाई तक तेज हवाओं (40-50 किमी/घंटा) और गरज-चमक का दौर जारी रहेगा।अंडमान और निकोबार द्वीप समूह: यहाँ 28 Ivy और 29 जून को भारी बारिश का अनुमान है। साथ ही 28 जून से 1 जुलाई के दौरान 50-60 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से चलने वाले थंडरस्कॉल का अलर्ट जारी किया गया है।दिल्ली-NCR, यूपी और उत्तर-पश्चिम भारत में कैसा रहेगा मौसम?दिल्ली, हरियाणा और पंजाब: हरियाणा, चंडीगढ़, दिल्ली और पंजाब में 27 जून से 24 जून के बाद 2 जुलाई तक छिटपुट बारिश की संभावना है, जबकि 3 जुलाई को इन क्षेत्रों में व्यापक रूप से मूसलाधार वर्षा हो सकती है। 1 से 3 जुलाई के दौरान इन राज्यों में 40-50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने और बिजली चमकने का अनुमान है।उत्तर प्रदेश: पूर्वी उत्तर प्रदेश में 27 से 30 जून तक छिटपुट बारिश और फिर 1 से 3 जुलाई के दौरान व्यापक रूप से बारिश होने की संभावना है। पश्चिमी उत्तर प्रदेश में 29 जून से 3 जुलाई तक बारिश का दौर देखा जाएगा, जिसके साथ 30 जून से 3 जुलाई के बीच 40-50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से आंधी चल सकती है।उत्तराखंड और जम्मू-कश्मीर: जम्मू-कश्मीर, लद्दाख और उत्तराखंड में 30 जून से 3 जुलाई के दौरान व्यापक रूप से बारिश होने का अनुमान है। उत्तराखंड में 30 जून से 3 जुलाई के बीच और जम्मू-कश्मीर में 2-3 जुलाई को भारी बारिश का अलर्ट है।हिमाचल प्रदेश: यहाँ 1 से 3 जुलाई के बीच व्यापक बारिश और भारी बारिश होने की संभावना है।राजस्थान: पूर्वी और पश्चिमी राजस्थान में 27 जून से 3 जुलाई तक बारिश और आंधी-तूफान की गतिविधियां जारी रहने का अनुमान है। पश्चिमी राजस्थान में 30-40 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चल सकती हैं।मध्य, पश्चिमी और दक्षिण भारत में वर्षा का अलर्टमध्य प्रदेश: पश्चिमी मध्य प्रदेश में 27 जून और फिर 29-30 जून को भारी बारिश की संभावना है। पूर्वी मध्य प्रदेश में 27 और 29 जून को भारी बारिश हो सकती है जबकि 2 से 3 जुलाई के बीच यहां व्यापक बारिश का अनुमान है।छत्तीसगढ़ और विदर्भ: छत्तीसगढ़ और विदर्भ दोनों ही क्षेत्रों में 27 जून से 3 जुलाई तक लगातार अलग-अलग स्थानों पर भारी बारिश की चेतावनी दी गई है।कोंकण और गोवा: यहाँ 27 जून से 3 जुलाई के दौरान लगातार व्यापक रूप से भारी बारिश होने की संभावना है।मध्य महाराष्ट्र और मारवाड़ा: मध्य महाराष्ट्र और मराठवाड़ा में 27 जून को और फिर 1 से 3 जुलाई के बीच भारी बारिश होने की संभावना जताई गई है।गुजरात क्षेत्र: गुजरात क्षेत्र में 2 और 3 जुलाई को अलग-अलग स्थानों पर भारी बारिश का अनुमान है।तटीय कर्नाटक और तेलंगाना: इन दोनों क्षेत्रों में 27 जून से 3 जुलाई तक लगातार अलग-अलग स्थानों पर भारी बारिश होने का अलर्ट है।केरल और माहे: यहाँ 27 जून और फिर 30 जून से 3 जुलाई तक भारी बारिश की संभावना है। हालांकि, 28 और 29 जून को केरल और माहे के अलग-अलग इलाकों में बहुत भारी बारिश होने की आशंका जताई गई है।तमिलनाडु और आंध्र प्रदेश: तमिलनाडु, पुडुचेरी और कराइकल में 27 से 29 जून के दौरान अलग-अलग स्थानों पर भारी बारिश और 40-50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने का अनुमान है। तटीय आंध्र प्रदेश और यानम में 27-28 जून तथा 1-3 जुलाई को भारी बारिश का अलर्ट है।बारिश के बीच उत्तर प्रदेश और बिहार में भीषण लू की चेतावनीएक तरफ जहां मॉनसून आगे बढ़ रहा है, वहीं मौसम विभाग ने उत्तर प्रदेश और बिहार के कुछ हिस्सों में अगले दो दिनों तक भीषण गर्मी और उमस का डबल अटैक होने का अनुमान जताया है:उत्तर प्रदेश: पश्चिमी उत्तर प्रदेश में 27 से 29 जून तक और पूर्वी उत्तर प्रदेश में 27 से 30 जून तक लू की स्थिति बनी रहेगी। इनमें से 27 और 28 जून को दोनों ही क्षेत्रों (पूर्वी और पश्चिमी यूपी) के अलग-अलग पॉकेट्स में भीषण लू (Severe Heat Wave) का प्रकोप रहने की आशंका है।बिहार: बिहार के कुछ सीमित इलाकों में 27 और 28 जून को लू की स्थिति देखने को मिल सकती है।उमस भरा मौसम: झारखंड और ओडिशा में 27 जून को मौसम बेहद गर्म और उमस भरा रहने की संभावना है, जिससे लोगों को पसीना छूटेगा। हालांकि, जुलाई की शुरुआत के साथ ही इन राज्यों को गर्मी से पूरी तरह निजात मिल जाएगी।
नमस्कार, ईरान ने इस्लामाबाद समझौते को अमेरिका की हार बताया है। उधर, एअर इंडिया का विमान गलती से पाकिस्तान एयरस्पेस में घुस गया। मॉर्निंग न्यूज ब्रीफ में आगे वैभव सूर्यवंशी के चेंजिंग रूम को लेकर आई खबर के बारे में बताएंगे.... ⏰ आज के प्रमुख इवेंट्स, जिन पर रहेगी नजर... कल की बड़ी खबरें... 1. ईरान बोला- इस्लामाबाद समझौता अमेरिका की हार, हमने अपनी शर्तों पर डील की ईरान ने कहा कि ‘इस्लामाबाद समझौता’ अमेरिका की हार साबित हुआ है। ईरानी संसद के अध्यक्ष बाघेर गालिबाफ ने दावा किया कि यह समझौता किसी दबाव या मजबूरी का नतीजा नहीं था, बल्कि हमने इसे अपनी शर्तों पर माना है। ट्रम्प बोले- ईरान ने पहली बार अमेरिकी राष्ट्रपति को इज्जत दी: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने कहा कि कई दशकों में पहली बार ईरान अमेरिका और उसके राष्ट्रपति को इतनी इज्जत दे रहा है। उन्होंने आगे कहा कि ईरान इस समय कमजोर स्थिति में है और समझौते के लिए लगभग हर शर्त मानने को तैयार है। खामेनेई के अंतिम संस्कार के लिए PM मोदी को न्योता: ईरान के राष्ट्रपति मसूद पजशकियान ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पूर्व सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई के राजकीय अंतिम संस्कार में शामिल होने का न्योता भेजा है। 28 फरवरी को इजराइल-अमेरिका हमले में खामेनेई की मौत हुई थी। जंग के कारण टला अंतिम संस्कार अब 4 जुलाई से शुरू होगा। 9 जुलाई को उन्हें मशहद की इमाम रजा दरगाह में दफनाया जाएगा। पूरी खबर पढ़ें... 2. एअर इंडिया का विमान PAK एयरस्पेस में घुसा, तकनीकी खराबी से रास्ता भटका एअर इंडिया की एक फ्लाइट गलती से पाकिस्तान के एयरस्पेस में पहुंच गई। 22 जून की रात दिल्ली से अमृतसर जा रही एअर इंडिया की AI-321 फ्लाइट उड़ान के दौरान तकनीकी खराबी का शिकार हो गई। इसी दौरान विमान तय रूट से भटककर पाकिस्तान के एयरस्पेस में पहुंच गया। पाकिस्तान एयर ट्रैफिक कंट्रोल की चेतावनी के बाद पायलट ने यू-टर्न लिया। अमृतसर एयरपोर्ट पर भारी ट्रैफिक के कारण लैंडिंग नहीं हो सकी और विमान को वापस दिल्ली लौटना पड़ा। यात्रियों को करीब 4 घंटे की देरी झेलनी पड़ी। पाकिस्तान की फ्लाइट भारतीय एयरस्पेस में घुसी थी: इससे पहले 12 जून को पाकिस्तान की भी पैसेंजर फ्लाइट फ्लाई जिन्ना-9P514 खराब मौसम के कारण भारतीय एयरस्पेस में घुस आई थी। लाहौर एयरपोर्ट से उड़ान भरने के कुछ ही समय बाद फ्लाइट रास्ता भटक गई थी। हालांकि, तकनीकी गड़बड़ी का अंदेशा होते ही फ्लाइट को वापस पाकिस्तानी एयरस्पेस में लाया गया। पूरी खबर पढ़ें... 3. राममंदिर चढ़ावा चोरी- SIT रिपोर्ट में 17 आरोपी, टिन्नू के पास मिलीं दानपात्रों की चाबियां अयोध्या राम मंदिर में चढ़ावा चोरी मामले में SIT ने चंपत राय, ट्रस्टी डॉ. अनिल मिश्रा और निर्माण प्रभारी गोपाल राव समेत 17 लोगों को आरोपी माना है। इनके खिलाफ FIR होना लगभग तय माना जा रहा है। सूत्रों से यह जानकारी मिली है। जांच के दौरान SIT टीम को दानपात्रों की चाबियां रामशंकर यादव उर्फ टिन्नू के पास मिलीं। SIT ने 150 सेवादारों और कर्मचारियों को चिह्नित किया है, जिनकी आर्थिक स्थिति रामलला की प्राण प्रतिष्ठा के बाद बदली। इनमें चंपत राय के करीबी फूलकांत मिश्रा भी शामिल हैं। उनके पास 3 लग्जरी कारें हैं, जिनकी कुल कीमत 25 लाख रुपए है। अब तक ₹2 करोड़ की बरामदगी: चढ़ावा चोरी मामले में 5 लोगों लवकुश, अवनीश, अनुकल्प, करुणे और रामशंकर उर्फ टिन्नू की निशानदेही पर अब तक 2 करोड़ रुपए की रिकवरी की गई है। ये सभी मंदिर में दान राशि की गिनती की ड्यूटी से जुड़े थे। मंदिर ट्रस्ट के कर्मचारी टिन्नू के घर से 13 जून को सोना मिला था। हालांकि, सोना कितना है, यह अभी कन्फर्म नहीं है। शुरुआती अनुमानों के मुताबिक, चोरी 200 करोड़ रुपए से ज्यादा की हो सकती है। पूरी खबर पढ़ें... 4. स्वामी प्रसाद का विवादित बयान, श्रीराम में ताकत नहीं, वह अपने लुटेरों को सजा नहीं दे पाए यूपी के पूर्व कैबिनेट मंत्री स्वामी प्रसाद मौर्य ने मंगलवार को भगवान राम को लेकर विवादित बयान दिया। उन्होंने गाजीपुर में कहा- अगर भगवान राम में ताकत होती, तो जिस समय लुटेरे ने चोरी की, तभी वो भस्म हो जाता। लेकिन, उस चोर का बाल भी बांका नहीं हुआ। इसका वीडियो बुधवार को सामने आया। मौर्य ने कहा- छोटा बंदर सूर्य को निगल गया: इतना ही नहीं, पृथ्वी पर पैदा होने वाला छोटा-सा बंदर सूर्य भगवान को निगल गया। यही अज्ञानता खत्म करने के लिए हम पढ़ाई करते हैं? भगवान बुद्ध कहते हैं कि कोई भी बात किसी ग्रंथ में लिखी है, इसीलिए नहीं मानो। पहले उसे अपने दिमाग की कसौटी पर कसो। अगर खरा उतरे, तभी मानो। भगवान राम दूसरों का भला कैसे करेंगे: राम मंदिर से करोड़ों रुपए लुटेरे लूट ले गए। चांदी-सोना भी उड़ा ले गए। लेकिन, भगवान राम उन लुटेरों को सजा नहीं दे पाए, तो आपका भला क्या करेंगे? जो अपने मंदिर की रक्षा नहीं कर सकता, वह आपकी क्या रक्षा करेगा? यह सवाल उठता है। पूरी खबर पढ़ें… 5. मानसून MP पहुंचा, 9 दिन लेट एंट्री, दिन में पूरा राज्य कवर करेगा मध्य प्रदेश-गुजरात में 9 दिन की देरी से मानसून की एंट्री हुई। दोनों राज्यों में मानसून आने की सामान्य तारीख 15 जून रहती है। मौसम विभाग के मुताबिक, मानसून अगले 4 दिन में पूरे मध्य प्रदेश को कवर कर सकता है। इसी के साथ मानसून ने अब देश के 22 राज्यों को कवर कर दिया है। 5 जुलाई तक बाकी राज्यों को कवर कर सकता है। अरुणाचल प्रदेश में बाढ़ से 3 लापता: अरुणाचल प्रदेश में पिछले एक हफ्ते से तेज बारिश जारी है। कीयी पन्योर जिले में याजाली सर्किल के नीपको प्रोजेक्ट कॉलोनी में बाढ़ आ गई। घटना में 3 लोग लापता हुए हैं। 18 से ज्यादा घरों को नुकसान पहुंचा है। कई निचले इलाकों में पानी भर गया है। फ्रांस में हीटवेव से 58 मौतें: फ्रांस में गर्मी के कारण 58 लोगों की मौत हो गई। हीटवेव के चलते फ्रांस में गोलफेश न्यूक्लियर पावर प्लांट को सोमवार रात बंद करना पड़ा। फ्रांस ही नहीं यूरोप के 26 देश हीटवेव की चपेट में हैं। स्पेन, इटली और ब्रिटेन समेत 14 देशों में गर्मी को लेकर रेड अलर्ट जारी किया गया है। इनमें से ज्यादातर देशों में तापमान 40 डिग्री सेल्सियस या उससे ऊपर पहुंचने के करीब है। पूरी खबर पढ़ें... 6. वैभव के लिए इंग्लैंड में अलग चेंजिंग रूम होगा, टीम मीटिंग और खेल के दौरान ही सीनियर्स साथ रहेंगे वैभव सूर्यवंशी इंग्लैंड और आयरलैंड दौरे पर अलग चेंजिंग रूम इस्तेमाल करेंगे। यह फैसला ICC और इंग्लैंड एंड वेल्स क्रिकेट बोर्ड की अंडर-16 खिलाड़ियों से जुड़ी सेफगार्डिंग पॉलिसी के तहत लिया गया है। हालांकि, सूर्यवंशी मैचों के दौरान भारतीय प्लेयर्स के साथ रह सकेंगे और टीम मीटिंग्स का भी हिस्सा होंगे। ऐसे नियम क्यों बने: खेलों में चाइल्ड सेफगार्डिंग नियम अचानक नहीं बने। सालों तक खेल अकादमियों, ड्रेसिंग रूम और ट्रेनिंग सेंटरों में नाबालिग खिलाड़ियों के साथ यौन शोषण, मानसिक प्रताड़ना के कई मामले सामने आए। इन घटनाओं के बाद फीफा, इंटरनेशनल ओलिंपिक कमेटी को 'लॉकर रूम बैन' और 'नो 1-ऑन-1' जैसे सख्त नियम बनाने पड़े। पूरी खबर पढ़ें... ⚡ कुछ अहम खबरें हेडलाइन में… ️ बयान जो चर्चा में है... खबर हटके... दुनिया में सबसे तेज चिल्लाने का वर्ल्ड रिकॉर्ड ऑस्ट्रेलिया के 58 साल के जोसेफ मैकग्रेल-बेटअप ने सबसे तेज चीखने का गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड बनाया है। उनकी आवाज 122.4 डेसीबल मापी गई, जो उड़ान भरते जेट विमान की आवाज के बराबर मानी जाती है। यह रिकॉर्ड बनाने के लिए जोसेफ को 7 बार कोशिश करनी पड़ी। फोटो जो खुद में खबर है भास्कर की एक्सक्लूसिव स्टोरीज, जो सबसे ज्यादा पढ़ी गईं… करेंट अफेयर्स करेंट अफेयर्स से जुड़ी अन्य जानकारी के लिए यहां क्लिक करें... ⏳आज के दिन का इतिहास बाजार का हाल ️ मौसम का मिजाज मकर राशि वालों के बिजनेस में कॉन्टैक्ट मजबूत होंगे। धनु राशि के नौकरीपेशा लोगों को महत्वपूर्ण जिम्मेदारी मिल सकती है। जानिए आज का राशिफल... आपका दिन शुभ हो, पढ़ते रहिए दैनिक भास्कर ऐप… मॉर्निंग न्यूज ब्रीफ को और बेहतर बनाने के लिए हमें आपका फीडबैक चाहिए। इसके लिए यहां क्लिक करें…
झारखंड में मानसून के दो रंग: रांची में 15 एमएम बारिश, पलामू में आज चलेगी लू
झारखंड में मानसून सक्रिय: गुमला में सबसे ज्यादा 71.4 मिमी बारिश, तीन जिलों में लू का अलर्ट झारखंड में मानसून एक बार फिर सक्रिय हुआ है, लेकिन मौसम के दो रंग दिख रहे हैं। राज्य के कुछ क्षेत्रों में बुधवार को बारिश हुई। पिछले 24 घंटे में सबसे ज्यादा गुमला के रायडीह में 71.4 मिमी बारिश हुई, तो रांची में 15 मिमी बारिश दर्ज की गई। मौसम विभाग ने 30 जून तक राज्य के अलग-अलग क्षेत्रों में बारिश की संभावना जताई है। इस दौरान कुछ क्षेत्रों में 40 से 50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से हवा चलने की संभावना जताई गई है, जिसके लिए यलो अलर्ट जारी किया गया है। वहीं, पलामू, गढ़वा व चतरा में कहीं-कहीं लू (Heatwave) चलने की संभावना जताई गई है। सामान्य से 58% कम बरसे बदरा, साहिबगंज में सबसे खराब स्थिति मानसून की रफ्तार बढ़ी है, लेकिन अभी भी पूरे राज्य में बारिश नहीं हो रही है। राज्य में 24 जून तक सामान्य बारिश 132.2 मिमी होनी चाहिए थी, लेकिन अब तक सिर्फ 55.6 मिमी बारिश ही हुई है, यानी 58 प्रतिशत कम। साहिबगंज: यहाँ सबसे खराब स्थिति है, जहाँ अभी तक 160 मिमी के मुकाबले सिर्फ 3.2 मिमी बारिश हुई है (सामान्य से 98% कम)। रांची: यहाँ सामान्य से 13% कम बारिश हुई है। यहाँ 137.4 मिमी बारिश होनी चाहिए थी, मगर 119.6 मिमी ही दर्ज की गई। राष्ट्रीय-अंतरराज्यीय मौसम अपडेट 1. अरुणाचल में बहकर आया मलबा: 20 घर तबाह, 3 लापता, मदद को पहुंची वायुसेना ईटानगर: पिछले 24 घंटे में 72.8 मिमी बारिश होने से अरुणाचल प्रदेश में हालात बिगड़ गए हैं। कीई पन्योर जिले में बाढ़ के साथ आए मलबे में 18 मकान बह गए। 5 लोग लापता हैं तो 17 घायल हैं। पुलिस के मुताबिक, भारी बारिश के चलते कीई पन्योर, क्रा दादी, कुरुंग कुमे जिले राजधानी से कट गए हैं। मदद के लिए वायुसेना को भेजा गया है। बाढ़ के प्रकोप से सब तबाह हो गया है। 2. मप्र पहुंचा मानसून; दिल्ली पहुंचने में एक हफ्ता लगेगा अनिरुद्ध शर्मा (नई दिल्ली): आखिर 9 दिन की देरी के बाद मानसून ने बुधवार को गुजरात व मध्य प्रदेश में एंट्री कर ली। पिछले अलनीनो वर्ष यानी 2023 में भी मप्र में 24 जून को इसने दस्तक दी थी और अगले ही दिन पूरे प्रदेश में छा गया था। इस बार 3-4 दिन लग सकते हैं। फिलहाल, यह समूचे महाराष्ट्र को कवर करके आगे निकल गया है। इसके साथ ही बिहार, छत्तीसगढ़, झारखंड के कुछ जिलों में इसने दस्तक दे दी है। इसकी उत्तरी सीमा रेखा अब सूरत, इंदौर, मांडला, डालटनगंज व मोतिहारी से होकर गुजर रही है। मौसम विभाग के मुताबिक, अगले दो दिन में मानसून पूर्वी यूपी में दस्तक देगा। रविवार से यह रफ्तार पकड़ेगा, जिससे अगले पांच दिन पूरे देश में झमाझम बारिश होने की संभावना है। विशेषज्ञों की राय और सलाह धान की सीधी बुआई करें किसान— डॉ. डीएन सिंह, कृषि वैज्ञानिक मानसून की बेरुखी से इस बार किसान काफी प्रभावित होंगे। ऐसे में जहां सिंचाई की व्यवस्था नहीं है, वहां किसानों को गेहूं की तरह सीधे धान की बुआई करने की जरूरत है; क्योंकि इसमें पानी की कम जरूरत पड़ती है। इसके अलावा, किसान अन्य विकल्प जैसे मक्का, अरहर, ज्वार, बाजरा, मडुआ, उड़द सहित अन्य फसलें लगा सकते हैं। जुलाई में अच्छी बारिश होने की उम्मीद— अभिषेक आनंद, मौसम वैज्ञानिक बंगाल की खाड़ी के ऊपर बना ऊपरी वायुमंडलीय चक्रवातीय क्षेत्र और राजस्थान से पश्चिम बंगाल तक फैला मानसून का टर्फ झारखंड में नमी ला रहा है। इस वजह से कुछ क्षेत्रों में बारिश हो रही है। मानसून अब राज्य के अधिकांश हिस्सों में सक्रिय हो चुका है और अगले 2-3 दिनों में इसके और मजबूत होने की संभावना है। जून के अंतिम सप्ताह से जुलाई के पहले सप्ताह में अच्छी बारिश की संभावना लग रही है।
मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के जमीन खरीद मामले को लेकर बुधवार को दिल्ली में कांग्रेस नेताओं ने प्रेस कॉन्फ्रेंस की। कांग्रेस मुख्यालय में आयोजित संयुक्त प्रेस कॉन्फ्रेंस में कांग्रेस सांसद व मीडिया विभाग के चेयरमैन पवन खेड़ा और मध्य प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी ने मुख्यमंत्री को घेरा है। कांग्रेस नेताओं ने आरोप लगाया कि यह भूमि खरीद पूरी तरह से सत्ता के संरक्षण में हुई है। उन्होंने इस पूरे मामले की जांच सुप्रीम कोर्ट के मौजूदा जज (Sitting Judge) से कराने की मांग की है। इस मुद्दे पर भारतीय जनता पार्टी के शीर्ष नेतृत्व चुप्पी साधे हुए हैं। इस चुप्पी से साफ है कि इसमें भाजपा और आरएसएस की मिलीभगत है। दूसरी ओर, भाजपा ने कांग्रेस आरोपों पर पलटवार किया है। मंत्री चेतन्य काश्यप ने कहा कि मुख्यमंत्री ओबीसी समाज से हैं, इसलिए कांग्रेस पार्टी उन्हें बदनाम कर रही है। पटवारी ने पूछा- 'एक रुपए' में जमीन एक ट्रस्ट को क्यों दी जीतू पटवारी ने सरकार और भाजपा को सीधी चुनौती देते हुए कहा कि मुख्यमंत्री के परिवार की जमीन खरीदी की खबर छपे 30 घंटे से अधिक का समय बीत चुका है। अगर यह खबर झूठी और बेबुनियाद है, तो मुख्यमंत्री या भाजपा ने अब तक संबंधित अखबार के खिलाफ कोई कानूनी कार्रवाई क्यों नहीं की और मानहानि का मुकदमा दर्ज क्यों नहीं कराया? उन्होंने भाजपा प्रदेश अध्यक्ष पर मामले को भटकाने का आरोप लगाया और कहा कि जब जमीन पर सवाल पूछा गया तो भाजपा ने मुख्यमंत्री के 'ओबीसी' होने का कार्ड खेल दिया। पटवारी ने पलटवार करते हुए पूछा कि क्या ओबीसी होने का मतलब यह है कि किसी को भी गलत काम करने की छूट मिल जाती है? मैं खुद ओबीसी समाज से आता हूं और मुख्यमंत्री से सीधे जवाब चाहता हूं। वीर भारत न्यास को 1 रुपए में 500 करोड़ की जमीन दी जीतू पटवारी ने एक बड़ा खुलासा करते हुए बताया कि उज्जैन में 'वीर भारत न्यास' नामक एक ट्रस्ट को 500 करोड़ रुपए की सरकारी जमीन महज '1 रुपए' की टोकन राशि पर दे दी गई। इस ट्रस्ट के ट्रस्टी श्रीराम तिवारी हैं, जो मुख्यमंत्री के सांस्कृतिक सलाहकार हैं। पटवारी ने मुख्यमंत्री से पूछा कि इस ट्रस्ट को इतनी महंगी जमीन किस आधार पर दी गई। मुख्यमंत्री बनने के बाद उनके परिवार ने जो जमीनों का लैंड बैंक बनाया, उसकी आय का स्रोत क्या था? क्या इन संपत्तियों का विवरण सार्वजनिक नहीं होना चाहिए? उन्होंने चेतावनी दी कि यह घोटाला सिर्फ पहली सीरीज है। उन्होंने दावा किया कि चार दिन पहले ही मुख्यमंत्री के सानिध्य में छह विभागों में ट्रांसफर इंडस्ट्री चलाकर 1000 करोड़ रुपए के भ्रष्टाचार का स्टिंग देखा है। पटवारी ने मांग की कि सरकार सभी परियोजनाओं की टाइमलाइन साझा करे और वर्ष 2023 के बाद मुख्यमंत्री के परिवार द्वारा खरीदी गई सभी जमीनों को लेकर एक 'श्वेत पत्र' (White Paper) जारी करे। मंत्री चेतन्य काश्यप बोले- सीएम ओबीसी इसलिए बदनाम कर रहे कांग्रेस के इन गंभीर आरोपों पर मध्य प्रदेश के एमएसएमई मंत्री चेतन्य काश्यप ने पलटवार किया है। उन्होंने भोपाल और दिल्ली में जीतू पटवारी द्वारा की गई प्रेस कॉन्फ्रेंस को मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की छवि खराब करने की एक साजिश करार दिया। काश्यप ने साफ किया कि जीतू पटवारी जिस 'वीर भारत न्यास' ट्रस्ट पर 500 करोड़ की जमीन हथियाने का आरोप लगा रहे हैं, वह कोई निजी ट्रस्ट नहीं बल्कि पूरी तरह से एक सरकारी ट्रस्ट है। जमीन की खरीद CM बनने से पहले की मंत्री चेतन्य काश्यप ने जमीन की स्थिति स्पष्ट करते हुए कहा कि मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के पास कुल 17 एकड़ जमीन है। वह उनके मुख्यमंत्री बनने से बहुत पहले की है और यह उनकी व्यक्तिगत संपत्ति है। मास्टर प्लान में किसी भी तरह का कोई बदलाव नहीं किया है। मुख्यमंत्री की पुत्रवधू ने 10 एकड़ जमीन खरीदी है, वह भी वर्तमान मास्टर प्लान के दायरे से पूरी तरह बाहर है। काश्यप ने कहा कि जीतू पटवारी ने पढ़ना-लिखना बंद कर दिया है। राज्यसभा चुनाव में मिली करारी हार की हताशा के कारण कांग्रेस इस तरह के बेबुनियाद आरोप लगा रही है। इस तरह की राजनीति करने वाली कांग्रेस को पहले अपने राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे पर लगे जमीन गड़बड़ी के आरोपों की जांच करानी चाहिए। पवन खेड़ा बोले- 'इंसाइडर ट्रेडिंग' में आरएसएस का संरक्षण कांग्रेस प्रवक्ता पवन खेड़ा ने कहा कि यह मामला सिर्फ मध्य प्रदेश का स्थानीय मुद्दा नहीं है, बल्कि एक अंतरराष्ट्रीय विषय है क्योंकि उज्जैन और अयोध्या जैसे शहरों से पूरी दुनिया के करोड़ों लोगों की आस्था जुड़ी हुई है। श्रद्धालु अपना पेट काटकर जो पैसा दानपात्र में डालते हैं, उसे लूटना लोगों की पीठ में खंजर घोंपने जैसा है। खेड़ा ने कहा कि जमीन हड़पने के इस खेल में शामिल लोगों को राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) का पूरा संरक्षण प्राप्त है, इसलिए आज के हालात 'संघम शरणम् गच्छामि' जैसे हो गए हैं। उन्होंने कहा कि आरएसएस खुद को एक गैर-पंजीकृत संस्था बनाकर रखता है ताकि उसके पास सारी शक्तियां तो रहें, लेकिन किसी भी गड़बड़ी पर उसकी कोई जिम्मेदारी और जवाबदेही तय न हो सके। खेड़ा बोले- मास्टर प्लान में बदलाव और शेयर मार्केट जैसी 'इंसाइडर ट्रेडिंग' हुई पवन खेड़ा ने मुख्यमंत्री के परिवार द्वारा की गई जमीन खरीदी की तुलना शेयर बाजार के 'इंसाइडर ट्रेडिंग' से की। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री के पास अंदरुनी और गोपनीय जानकारी थी कि उज्जैन के मास्टर प्लान 2035 में कौन सी सड़कें कहां से गुजरेंगी और कौन सा क्षेत्र विकास योजनाओं के लिए चिन्हित होगा। इस प्रभाव और जानकारी का दुरुपयोग करके मुख्यमंत्री के परिवार ने दिसंबर 2023 में उनके सीएम बनने के बाद 168 एकड़ में से 111 एकड़ जमीन उसी क्षेत्र में खरीद ली, जहां आगामी सिंहस्थ कुंभ मेला होने वाला है। उन्होंने कांग्रेस के नैतिक मूल्यों की याद दिलाते हुए कहा कि आदर्श हाउसिंग सोसायटी घोटाले में सिर्फ सास के नाम पर फ्लैट होने के आरोप पर कांग्रेस ने अशोक चव्हाण का इस्तीफा ले लिया था, लेकिन यहां सैकड़ों एकड़ जमीन के पुख्ता सबूत होने के बाद भी मीडिया में सन्नाटा है और मुख्यमंत्री की कुर्सी बरकरार है। उन्होंने अरुणाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री का उदाहरण देते हुए कहा कि आरएसएस से जुड़े मुख्यमंत्रियों पर सुप्रीम कोर्ट के संज्ञान के बाद भी कोई कार्रवाई नहीं होती। ऊर्जा मंत्री बोले- कांग्रेस ने सीएम की छवि खराब की जीतू पटवारी के आरोपों पर ऊर्जा मंत्री प्रद्युम्न सिंह तोमर ने कहा- मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री की छवि कांग्रेस ने खराब की है। मुख्यमंत्री बनने से पहले उन्होंने और उनके परिवार ने जमीन खरीदी थी। मुख्यमंत्री बनने के बाद से कोई जमीन नहीं खरीदी। मुख्यमंत्री का परिवार व्यापार करने के लिए वह स्वतंत्र है और सभी के परिवार के लोग व्यापार करते हैं। सिर्फ मुख्यमंत्री के खिलाफ भ्रामक और निराधार जानकारियां कांग्रेस उठा रही है। मध्य प्रदेश की सरकार ने स्पष्ट कर दिया है कि मुख्यमंत्री की संपत्ति की बारे में जानकारी गलत दी जा रही है। प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल ने भी कल इसके बारे में सभी के सामने अपना पक्ष रखा है। मुख्यमंत्री को बदनाम करने की साजिश कांग्रेस की हो रही है वह कभी कामयाब नहीं हो पाएगी
Bigg Boss 18 : चुम दरांग को मिला अरुणाचल प्रदेश के सीएम का सपोर्ट
सलमान खान का पॉपुलर रियलिटी शो 'बिग बॉस 18' अपने अंतिम दौर में पहुंच गया है। हर कोई इस सीजन का विनर बनने के लिए पूरा जोर लगा रहा है। इन दिनों शो में 'टिकट टू फिनाले' टास्क चल रहा है। इस टास्क में विवियन डीसेना और चुम दरंग आमने-सामने खड़े हैं। वहीं ...

