देवरिया में चैत्र नवरात्र के समापन पर दुर्गा प्रतिमाओं के विसर्जन को लेकर विवाद खड़ा हो गया। शहर के सिंधी मिल स्थित देवरी मंदिर परिसर में स्थापित प्रतिमाओं को नगर पालिका कर्मचारियों द्वारा कूड़ा ढोने वाली ट्रैक्टर-ट्रॉली में ले जाए जाने पर लोगों ने कड़ी नाराजगी जताई। नवरात्र के पहले दिन जिलाधिकारी दिव्या मित्तल ने विधि-विधान से पूजन कर इन प्रतिमाओं की स्थापना कराई थी। पूरे नौ दिनों तक मंदिर परिसर में विभिन्न धार्मिक और सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किए गए, जिनमें लेजर शो और भगवती जागरण जैसे आयोजन शामिल थे। इन आयोजनों पर लाखों रुपये खर्च होने की बात भी सामने आई है। दशमी के दिन जब प्रतिमाओं के विसर्जन की प्रक्रिया शुरू हुई, तो नगर पालिका के कर्मचारियों ने मूर्तियों को कूड़ा ढोने वाली ट्रैक्टर-ट्रॉली में रखकर जुलूस के रूप में ले जाना शुरू कर दिया। इस दृश्य को देखकर स्थानीय लोगों में आक्रोश फैल गया। उनका कहना था कि जिन प्रतिमाओं की स्थापना पूरी श्रद्धा और विधि-विधान से की गई थी, उन्हें इस तरह कूड़े की गाड़ी में ले जाना आस्था के साथ खिलवाड़ है। स्थानीय नागरिक अमित पाण्डेय ने आरोप लगाया कि एक ओर जहां धार्मिक आयोजनों पर भारी खर्च किया गया, वहीं विसर्जन जैसी महत्वपूर्ण प्रक्रिया में सम्मान का ध्यान नहीं रखा गया। लोगों ने इस मामले में दोषी कर्मचारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। मनोज मद्धेशिया ने कहा कि यह आस्था के साथ खिलवाड़ है और इसकी जांच कराकर कार्रवाई की जानी चाहिए। नगर पालिका के अधिशासी अधिकारी संजय तिवारी से संपर्क करने का प्रयास किया गया, तो उन्होंने घटना की जानकारी होने से इनकार कर दिया। उन्होंने कहा कि यह मामला उनके संज्ञान में नहीं है।फिलहाल, इस घटना को लेकर शहर में व्यापक चर्चा है। लोग प्रशासन से इस मामले में संवेदनशीलता के साथ कार्रवाई करने की उम्मीद कर रहे हैं।
कोर्ट के बाहर ट्रांसफार्मर में लगी आग, VIDEO:शॉर्ट सर्किट की वजह से भड़की, बिजली आपूर्ति बाधित
जालौन के जिला मुख्यालय उरई में स्थित जिला न्यायालय परिसर के बाहर शनिवार शाम को उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब एक ट्रांसफार्मर में अचानक शॉर्ट सर्किट के चलते भीषण आग लग गई। आग इतनी तेज थी कि कुछ ही देर में आसपास का इलाका धुएं से भर गया और मौके पर मौजूद लोगों में दहशत फैल गई। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, ट्रांसफार्मर से अचानक चिंगारियां निकलनी शुरू हुईं, जिसके बाद आग ने विकराल रूप धारण कर लिया। घटना की सूचना तत्काल दमकल विभाग को दी गई। सूचना मिलते ही दमकल की गाड़ियां मौके पर पहुंचीं और कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया गया। आग लगने के कारण ट्रांसफार्मर से जुड़े कई विद्युत केबिल जलकर क्षतिग्रस्त हो गए, जिससे इलाके की बिजली आपूर्ति बाधित हो गई। बिजली कटने से न्यायालय परिसर सहित आसपास के क्षेत्रों में कामकाज प्रभावित हुआ। हालांकि, राहत की बात यह रही कि इस घटना में किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है। दमकल विभाग के अधिकारियों ने बताया कि प्रारंभिक जांच में आग लगने का कारण शॉर्ट सर्किट प्रतीत हो रहा है, हालांकि विस्तृत जांच के बाद ही स्पष्ट स्थिति सामने आएगी। वहीं, विद्युत विभाग की टीम भी मौके पर पहुंचकर क्षतिग्रस्त केबिलों को ठीक करने में जुट गई है, ताकि जल्द से जल्द बिजली आपूर्ति बहाल की जा सके।
छत्तीसगढ़ के बिलासपुर में स्टूडेंट की पैंट की जेब में रखा मोबाइल अचानक तेज आवाज के साथ ब्लास्ट हो गया और आग लग गई। इस घटना में छात्र मामूली झुलस गया। यह हादसा सरकंडा थाना क्षेत्र के सेंट्रल लाइब्रेरी के पास हुआ। जानकारी के अनुसार, सरकंडा सेंट्रल लाइब्रेरी के पास छात्र अपने दोस्तों के साथ खड़ा था। तभी उसकी पैंट की जेब में रखा मोबाइल फोन अचानक तेज आवाज के साथ फट गया। ब्लास्ट से छात्र की पैंट में आग लग गई और वहां मौजूद लोग घबरा गए। स्टूडेंट के दोस्तों ने तुरंत आग बुझाने की कोशिश की और कुछ ही समय में आग पर काबू पा लिया गया। मोबाइल ब्लास्ट में छात्र झुलस गया। उसके हाथ और पैर में चोटें आई हैं। प्राथमिक उपचार के बाद छात्र की हालत अब खतरे से बाहर बताई जा रही है। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर जांच शुरू कर दी है और यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि मोबाइल ब्लास्ट क्यों हुआ बैटरी खराब होने, ओवरहीटिंग या किसी अन्य तकनीकी वजह से। जानकारों के मुताबिक, स्मार्टफोन में इस्तेमाल होने वाली लिथियम-आयन बैटरी कभी-कभी ज्यादा गर्म होने या खराब होने पर फट सकती है। लंबे समय तक चार्ज करने या सस्ते चार्जर इस्तेमाल करने से ऐसे हादसे होने की संभावना बढ़ जाती है।
बिजनौर शहर में 29 मई 2014 को हुए सुशील हत्याकांड में कोर्ट ने आज सभी 10 आरोपियों को बरी कर दिया है। इस फैसले के बाद सभी पक्षों ने कोर्ट के निर्णय का सम्मान किया।यह घटना 29 मई 2014 की शाम को बिजनौर शहर कोतवाली क्षेत्र के श्री हॉस्पिटल के पास हुई थी। बदमाशों ने 45 वर्षीय सुशील कुमार की गोली मारकर हत्या कर दी थी। पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज और मोबाइल सर्विलांस के आधार पर आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेजा था। गिरफ्तार किए गए आरोपियों में एक प्रॉपर्टी डीलर और एक पूर्व सभासद भी शामिल थे। पुलिस द्वारा पकड़े गए आरोपियों में सभासद पति वसीम अहमद (पुत्र फखरुद्दीन, निवासी मोहल्ला मीरदीगान), अतुल चौधरी (पुत्र आदित्य वीर, निवासी फरीदपुर उददा), नईमुद्दीन (पुत्र निजामुद्दीन, निवासी बुखारा), शुभम चौधरी (पुत्र सत्येंद्र चौधरी, निवासी फरीदपुर उददा), अरनव तोमर (पुत्र शौकीन, निवासी न्यू सिटी कॉलोनी बिजनौर) और हसीन अंसारी शामिल थे। तत्कालीन पुलिस अधिकारियों ने मीडिया को बताया था कि सुशील कुमार की हत्या 9.5 बीघा जमीन खरीदने के विवाद को लेकर की गई थी। पुलिस ने इस जमीन विवाद को ही हत्या का मुख्य मकसद बताया था। शनिवार को कोर्ट ने मामले में फैसला सुनाते हुए सभी आरोपियों को सबूतों के अभाव में बरी कर दिया। आरोपियों के वकील अहमद ज़कावत ने बताया कि उन पर प्रॉपर्टी हड़पने का आरोप लगाया गया था, लेकिन कोई ठोस सबूत नहीं मिला। वकील के अनुसार, फर्जी गवाह पेश किए गए थे और हत्या के पीछे जमीन विवाद का मकसद भी साबित नहीं हो सका। अदालत ने साक्ष्यों के अभाव को देखते हुए न्याय किया। वंही इस मामले में पूर्व सभासद व सभासद पति वसीम अहमद का कहना है कि हम लोगों को सुशील हत्याकांड में 120 बी का मुलजिम बनाया गया था। हम लोग बेकसूर थे और हमें अदालत पर पूरा भरोसा था । अदालत ने हम लोगों क बरी कर दिया है। इंसाफ की जीत हुई है।
कानपुर में सपा विधायक अमिताभ बाजपेई ने जिला प्रशासन को पत्र लिखकर आमजन के वैवाहिक, सामाजिक एवं धार्मिक कार्यक्रमों के लिए आवेदन के आधार पर गैस सिलेंडर उपलब्ध कराने की मांग की है। उन्होंने कहा कि शहर के लोगों को किसी भी प्रकार की दिक्कत न हो, इसके लिए प्रशासन को उचित कदम उठाना चाहिए। अपने पत्र में उन्होंने कहा कि इस समय गैस सिलेंडरों की उपलब्धता को लेकर गंभीर स्थिति बनी हुई है। एजेंसियों पर पर्याप्त मात्रा में सिलेंडर नहीं मिल पा रहे हैं, जिससे आम लोगों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने खासतौर पर विवाह, मुंडन और अन्य सामाजिक व धार्मिक कार्यक्रमों का जिक्र करते हुए कहा कि सिलेंडर की कमी के कारण इन आयोजनों पर सीधा असर पड़ रहा है और लोगों को असुविधा झेलनी पड़ रही है। विधायक ने जिलाधिकारी से मांग की है कि सार्वजनिक कार्यक्रमों, शादी-विवाह और पारिवारिक आयोजनों के लिए आवेदन आधारित व्यवस्था लागू की जाए, ताकि जरूरत के अनुसार गैस सिलेंडर उपलब्ध कराए जा सकें। भंडारे, सामूहिक भोज और धार्मिक आयोजनों के लिए भी प्राथमिकता के आधार पर सिलेंडर उपलब्ध कराने की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। उन्होंने उम्मीद जताई कि प्रशासन इस समस्या को गंभीरता से लेते हुए जल्द ही प्रभावी कदम उठाएगा, जिससे आम जनता को राहत मिल सके।
फरीदाबाद में बाटा रेलवे फ्लाईओवर (ROB) पर मरम्मत का काम शुरू किया जा रहा है। इस कारण शनिवार देर रात 28 मार्च से 11 अप्रैल तक इस फ्लाईओवर को आंशिक रूप से बंद रखा जाएगा। फ्लाईओवर की हालत को सुधारने के लिए यह रिपेयरिंग जरूरी बताई गई है। ट्रैफिक पुलिस ने इस दौरान लोगों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए एडवाइजरी जारी की है और वैकल्पिक मार्ग भी तय किए हैं। साथ ही रूट डायवर्जन का एक मैप भी जारी किया गया है ताकि वाहन ड्राइवरों को आने-जाने में ज्यादा परेशानी न हो। दो चरणों में किया जाएगा काम ट्रैफिक पुलिस के अनुसार फ्लाईओवर पर मरम्मत का काम दो चरणों में किया जाएगा और हर चरण करीब 7 दिन का होगा। पहले चरण में हार्डवेयर चौक से बाटा चौक की ओर जाने वाले रास्ते को बंद किया जाएगा। इस दौरान इस हिस्से में मरम्मत का काम किया जाएगा। करीब एक सप्ताह में काम पूरा होने के बाद इस रास्ते को फिर से आम लोगों के लिए खोल दिया जाएगा। पहले चरण के बाद दूसरे चरण का भी होगा काम इसके बाद दूसरे चरण का काम शुरू किया जाएगा। दूसरे चरण में मथुरा हाईवे से हार्डवेयर चौक की ओर जाने वाले मार्ग को बंद किया जाएगा। इस दौरान पहले चरण में तैयार हो चुके रास्ते पर दोनों दिशाओं का ट्रैफिक चलाया जाएगा। दूसरे चरण में बाटा चौक से हार्डवेयर चौक की ओर जाने वाले रास्ते की मरम्मत की जाएगी। 7 दिन तक चलेगा काम यह काम भी लगभग 7 दिन तक चलेगा। ट्रैफिक पुलिस ने बताया है कि मरम्मत के दौरान फ्लाईओवर पूरी तरह बंद नहीं रहेगा, बल्कि एक समय में केवल एक दिशा का रास्ता ही बंद किया जाएगा। दूसरी दिशा से वाहनों की आवाजाही जारी रहेगी। इससे लोगों को आने-जाने में कुछ हद तक राहत मिल सकेगी। पुलिस ने की लोगों से अपील इस दौरान यातायात को नीलम रेलवे ओवरब्रिज (ROB) और अन्य वैकल्पिक मार्गों से डायवर्ट किया जाएगा। ट्रैफिक पुलिस ने लोगों से अपील की है कि वे अपनी यात्रा की योजना पहले से बना लें और कोशिश करें कि प्रभावित मार्ग से बचें। एक ही लेन पर दोनों तरफ का ट्रैफिक चलेगा पुलिस ने यह भी कहा है कि जहां एक ही लेन पर दोनों तरफ का ट्रैफिक चलेगा, वहां वाहन ड्राइवर सावधानी से और धीमी गति से वाहन चलाएं। फ्लाईओवर के आसपास ट्रैफिक को नियंत्रित करने के लिए ट्रैफिक पुलिसकर्मी और संकेतक भी लगाए जाएंगे, ताकि किसी प्रकार की दुर्घटना या जाम की स्थिति न बने।
मिर्जापुर के कटरा कोतवाली क्षेत्र स्थित तुलसी चौक पर एक युवक की सरेआम पिटाई का मामला सामने आया है। एक युवती ने युवक को पकड़कर 13 सेकेंड में 7 बार चप्पल चेहरे पर मारा। मामला शनिवार का बताया गया है। पुलिस आरोपी युवक को हिरासत में लेकर कानूनी कार्रवाई में जुटी है। यह घटना तब हुई जब युवक तुलसी चौक से गुजर रहा था। युवती ने उसे दौड़ाकर पकड़ा और चप्पल उतारकर उसके गालों पर कई वार किए। युवक खुद को बचाने की कोशिश करता रहा। मौके पर मौजूद लोग बीच-बचाव करने के बजाय घटना का वीडियो बनाते रहे। युवती ने युवक पर सोशल मीडिया पर उसकी तस्वीरें वायरल करने, छेड़छाड़ और मारपीट का आरोप लगाया है। बताया जा रहा है कि युवक और उसके पिता के खिलाफ इन आरोपों में पहले ही एक मुकदमा दर्ज कराया गया था। वहीं, युवक ने इन आरोपों को फर्जी बताते हुए इलाहाबाद हाई कोर्ट में चुनौती दी है। युवक के परिजनों का आरोप है कि करीब एक साल पहले उनके परिवार के एक सदस्य की हत्या हुई थी, जिसका मामला कोर्ट में विचाराधीन है। उनका दावा है कि उस मामले में बचाव के लिए रंजिश के तहत युवती को आगे कर झूठा मुकदमा दर्ज कराया गया और अब यह पिटाई करवाई गई है। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति को नियंत्रित किया। पुलिस ने बताया कि वायरल वीडियो फुटेज के आधार पर पूरे मामले की जांच की जा रही है। पुलिस ने दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई का आश्वासन दिया है।
अनूपपुर जिले में चैत्र नवरात्र की दशमी पर शनिवार रात को देवी मंदिरों से जवारे विसर्जन का जुलूस निकाला गया। इस दौरान मढ़िया माई मंदिर (तालाब) से शोभायात्रा निकली, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल हुए। इस पूरे आयोजन में 'काली खप्पड़ नृत्य' लोगों के आकर्षण का मुख्य केंद्र रहा। मंदिर से शुरू हुए इस जुलूस में कलाकार काली का रूप धरकर खप्पड़ नृत्य करते हुए आगे बढ़ रहे थे, जिसे देखने के लिए सड़कों पर लोगों का हुजूम उमड़ पड़ा। नगर भ्रमण के दौरान बड़ी संख्या में युवतियां और महिलाएं भी अपने सिर पर ज्वारा कलश रखकर शामिल हुईं। शहर के मुख्य रास्तों से गुजरा जुलूस यह जुलूस मढ़िया मंदिर से शुरू होकर रेलवे स्टेशन चौराहा, आदर्श मार्ग, कोतवाली तिराहा और बस स्टैंड जैसे मुख्य इलाकों से होता हुआ वापस मंदिर पहुंचा। इसके बाद तालाब में पूरे विधि-विधान और पूजा-पाठ के साथ जवारों का विसर्जन किया गया। अनूपपुर मुख्यालय में कई जगहों पर काली नृत्य और ज्वारा विसर्जन की पुरानी परंपरा है। इससे पहले शुक्रवार रात को चेतना नगर के सिद्ध बाबा और खेर माई के ज्वारे विसर्जित किए गए थे। 9 दिनों की भक्ति का समापन नवरात्र के पहले दिन से ही मंदिरों में ज्वारा कलश और घी-तेल के दीपक जलाकर स्थापना की जाती है। नौ दिनों तक मां दुर्गा के अलग-अलग रूपों की पूजा के बाद नौवें दिन हवन होता है और फिर विसर्जन का सिलसिला शुरू होता है। इस दौरान शांति और सुरक्षा बनाए रखने के लिए पुलिस और प्रशासन की टीम पूरी तरह मुस्तैद रही।
उदयपुर की प्रतापनगर थाना पुलिस ने शनिवार को एक बड़ी कार्रवाई की। पुलिस ने जनार्दन राय नागर राजस्थान विद्यापीठ यूनिवर्सिटी के योग विभाग के सस्पेंड असिस्टेंट प्रोफेसर डॉ. दिलीप सिंह चौहान को गिरफ्तार किया। चौहान पर यूनिवर्सिटी में रहते हुए फर्जी बिलों के जरिए लाखों रुपए का गबन करने का आरोप है। इसके साथ ही चौहान पर संस्थान की छवि खराब करने का भी मुकदमा दर्ज करवाया गया था। पुलिस अब इस मामले में उनसे पूछताछ कर रही है। असल में यह पूरा मामला तब चर्चा में आया जब जनार्दन राय नागर राजस्थान विद्यापीठ यूनिवर्सिटी के कुलसचिव (रजिस्ट्रार) तरुण श्रीमाली ने पिछने दिनों प्रतापनगर थाने में शिकायत दी। उन्होंने बताया कि डॉ. दिलीप सिंह ने साल 2021 से 2024 और 2020 से 2023 के बीच छात्रों के नाम पर बड़ी धोखाधड़ी की। आरोप है कि डॉ. चौहान ने योग विभाग के स्टूडेंट्स के लिए ट्रैकसूट और ब्लेजर खरीदने के नाम पर यूनिवर्सिटी से पैसा तो उठा लिया, लेकिन हकीकत में किसी भी छात्र को ये सामान मिला ही नहीं। उन्होंने केवल कागजों पर खरीदारी दिखाई और पूरा भुगतान ले लिया। यही नहीं, साल 2017 से 2021 के बीच क्लास चलाने के नाम पर मिलने वाले मानदेय यानी पारिश्रमिक में भी बड़े पैमाने पर हेराफेरी सामने आई है। डॉ. दिलीप सिंह खुद ही व्यक्तिगत रूप से बिल बनाकर अकाउंट्स विभाग में पेश कर देते थे। श्रीमाली ने बताया था कि शुरुआत में यूनिवर्सिटी के अकाउंट्स डिपार्टमेंट ने चौहान के इन बिलों को सही मानकर उनका पेमेंट कर दिया। लेकिन जब बाद में यूनिवर्सिटी ने अपनी एक जांच कमेटी बिठाई, तो इस पूरे फर्जीवाड़े की पोल खुल गई। इसी जांच के आधार पर उन्हें पहले ही सस्पेंड किया गया था। यूनिवर्सिटी प्रशासन का यह भी कहना है कि सस्पेंड होने के बाद डॉ. दिलीप सिंह संस्थान को बदनाम करने की कोशिश कर रहे थे। वे सोशल मीडिया और समाचार पत्रों में भ्रामक और गलत खबरें छपवाकर यूनिवर्सिटी की साख को नुकसान पहुंचा रहे थे।
झज्जर बड़े-बड़े दावों और तैयारियों के बीच सरसों खरीद सीजन के पहले ही दिन झज्जर की मुख्य अनाज मंडी में पूरा सिस्टम चरमरा गया। हालात इतने खराब रहे कि पूरे दिन एक दाना तक नहीं खरीदा गया। किसान सुबह उम्मीद लेकर मंडी पहुंचे, लेकिन शाम होते-होते मायूस होकर अपनी फसल वापस ले जाने को मजबूर हो गए। किसान आए, सिस्टम नहीं आया ट्रैक्टर-ट्रालियों में सरसों भरकर किसान मंडी पहुंचे थे। उन्हें भरोसा था कि सरकारी खरीद शुरू होगी, लेकिन जमीनी हकीकत इसके बिल्कुल उलट निकली। न खरीद हुई, न कोई ठोस व्यवस्था दिखी—बस इंतजार और निराशा हाथ लगी। पहले दिन ही पोर्टल ने तोड़ी कमर सरकारी गेट पास पोर्टल पहले ही दिन किसानों के लिए सिरदर्द बन गया। पोर्टल पर एंट्री ही नहीं हो पाई, जिसके चलते गेट पास जारी नहीं किए गए। बिना गेट पास के खरीद संभव नहीं थी, और यही वजह रही कि पूरा दिन मंडी में सन्नाटा छाया रहा। क्या बोले अधिकारी- मार्किट कमेटी के सचिव रामनिवास ने कहा—“साइट बिजी थी, इसलिए गेट पास जारी नहीं हो पाए।” लेकिन सवाल ये है कि जब तैयारी का दावा था, तो सिस्टम पहले ही दिन क्यों बैठ गया? अधूरी तैयारी: शेड तक नहीं हुआ तैयार मंडी में व्यवस्थाओं की पोल यहीं नहीं खुली। फसल को सुरक्षित रखने के लिए जरूरी शेड का काम भी अब तक अधूरा है। ऐसे में अगर बारिश हो जाए तो किसानों की मेहनत मिट्टी में मिल सकती है। इस पर मार्किट कमेटी के सचिव ने जिम्मेदारी एक्शन पर डालते हुए कहा कि शेड का काम पूरा कराना उनकी जिम्मेदारी है। आढ़ती बोले—किसानों के साथ अन्याय पूर्वी मंडी प्रधान व आढ़ती चांद पहलवान ने साफ कहा कि किसान सरसों लेकर मंडी आए थे, लेकिन गेट पास न मिलने के कारण उन्हें खाली हाथ लौटना पड़ा। उन्होंने इसे किसानों के साथ सीधा अन्याय बताया। पहले दिन ही उड़ गए दावों के परखच्चे झज्जर अनाज मंडी की तस्वीरें खुद गवाही दे रही हैं कि जिला प्रशासन की तैयारियां सिर्फ कागजों तक सीमित थीं। सरकार के दावों की हकीकत पहले ही दिन सामने आ गई—और वो भी पूरी तरह फेल। अगर जल्द सुधार नहीं हुआ, तो आने वाले दिनों में हालात और बिगड़ सकते हैं। नुकसान आखिरकार उसी किसान को उठाना पड़ेगा, जो उम्मीद लेकर मंडी आता है और निराश होकर लौटता है।
रायपुर में शनिवार की देर शाम शिवसेना ने शोभायात्रा निकाली। जिससे पूरा शहर भक्ति के रंग में डूब गया। यह शोभायात्रा रामनवमी के अवसर पर निकाली गई। इस शोभायात्रा की खास बात ये थी कि इसमें रायपुर के अलावा राज्य के अलग-अलग जिलों से आए शिवसैनिकों ने हिस्सा लिया। इस शोभायात्रा में करीब 2 दर्जन से अधिक डीजे और धुमाल की व्यवस्था की गई। कई जगह पर स्वागत मंच भी बनाए गए। रामनवमी शोभायात्रा रायपुर के फूल चौक से निकाली गई। शोभायात्रा में अलग-अलग तरह की झांकियों ने लोगों का मन मोह लिया। इन झांकियों की चमचमाती लाइटिंग और DJ की धुन ने आयोजन को भव्य बना दिया। शोभायात्रा के आगे राम भक्त हनुमान की जीवंत झांकी भी प्रदर्शित की गई। हाथों में थामा भगवा झंडा शिवसेना हर साल रामनवमी के अवसर पर शहर में बड़े आयोजन करती है। इस बार की झांकी में प्रदेश भर के कई जिलों से भारी संख्या में शिवसैनिक पहुंचे थे। उन्होंने हाथों में शिवसेना लिखा हुआ भगवा झंडा थामा था। जिसे लहराते हुए वे भक्तिमय गानों पर झूमते दिखाई दिए। जय श्रीराम और जय भवनी, जय शिवाजी के नारे लगाती लोगों की भीड़ शोभायात्रा में शामिल हुई। इसमें भारी संख्या में लोग शामिल हुए। ट्रैफिक हुआ स्लो शोभायात्रा की वजह से आमापारा चौक से लेकर शारदा चौक तक ट्रैफिक जाम की स्थिति बनी थी। जिस वजह से ट्रैफिक बहुत ही स्लो हो गया। लोग जाम से बचने के लिए दूसरे रास्तों से होकर जाने लगे। इस दौरान ट्रैफिक पुलिस भी लगातार लोगों को दूसरे रास्ते से डायवर्ट करते दिखाई दी। शोभा यात्रा के दौरान चार पहिया वाहनों को कुछ घंटे के लिए प्रतिबंधित किया गया था।
खेत के पास से बकरियां लेकर अपने घर आ रहे पिता-पुत्र पर शनिवार शाम को लेपर्ड ने हमला बोल दिया। अपने सामने लेपर्ड की मौत देखते हुए उन्होंने जोर से शोर मचाया तो वहां से खेतों से दूसरे ग्रामीण दौड़े तो लेपर्ड दोनों को छोड़कर भाग गया। घटना उदयपुर जिले के गिर्वा ब्लॉक के खजूरी गांव में शनिवार शाम करीब 5 बजे की है। लेपर्ड के हमले से वली निवासी सवजी (58) और उनका पुत्र कमलेश (20) घायल हो गए। दोनों को घायल अवस्था में सबसे पहले टीडी अस्पताल लेकर गए और वहां से उनको उदयपुर रेफर कर दिया। ग्रामीणों ने बताया कि दोनों पिता-पुत्र खेत के पास से बकरियां लेकर घर लौट रहे थे। इसी दौरान नाले के पास झाड़ियों में छिपे लेपर्ड ने पीछे से सवजी पर हमला कर दिया। पीछे आ रहे बेटे कमलेश के चिल्लाने पर लेपर्ड उस पर भी लपका और उस पर भी हमला बोल दिया। इस बीच पिता-पुत्र ने अपनी जान बचाने के लिए जोर-जोर से शोर मचाया तो वहां खेतों और पास के मकानों में रहने वाले लोग भागकर आए। उन्होंने लेपर्ड को देखा तो उन्होंने भी शोर मचाया। लोगों को देखकर लेपर्ड दोनों को लहूलुहान स्थिति में वहीं छोड़कर झाड़ियों में होते हुए जंगल की तरफ भाग गया। लेपर्ड के जाने के बाद ग्रामीण दूर से भाग कर दोनों घायलों के पास पहुंचे और वहां से दोनों को गांव के अंदर से सड़क पर लेकर आए और इस बीच एंबुलेंस को बुला लिया गया। लेपर्ड के हमले से पिता के हाथ और सीने में तो बेटे के हाथ पर चोटे आई। हाइवे से दोनों को टीडी के 108 एंबुलेंस का नर्सिंग स्टाफ प्रकाश सालवी और कांतिलाल रोत टीडी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद उन्हें उदयपुर रेफर कर दिया गया। गांव वालों का कहना है कि गांव में पहली बार लेपर्ड के हमले की घटना हुई और पिता और पुत्र की हालत देखकर गांव वालों में दहशत का माहौल है। इनपुट : बंशीलाल मीणा, टीड़ी
कोरबा के ग्राम ढपढप में पांच दिवसीय श्री हनुमंत कथा का शुभारंभ हो गया है। बागेश्वर धाम के पंडित धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री के कोरबा पहुंचने पर श्रद्धालुओं में भारी उत्साह देखा गया। कथा स्थल पर हजारों भक्तों ने उनका गर्मजोशी से स्वागत किया। मंच पर पहुंचकर पंडित शास्त्री ने छत्तीसगढ़ और कोरबा की प्रशंसा की। उन्होंने कहा कि यहां का कोयला पूरे देश को रोशन करता है। उन्होंने माता सर्वमंगला को नमन करते हुए 'छत्तीसगढ़ महतारी' का जयकारा भी लगाया। इस दौरान उन्होंने 'अपना घर सेवा आश्रम' द्वारा किए जा रहे सेवा कार्यों की सराहना करते हुए उन्हें प्रेरणादायक बताया। दिव्य दरबार का भी आयोजन पंडित शास्त्री ने बताया कि वे 1 अप्रैल तक कोरबा में रहेंगे। इस दौरान कथा वाचन के साथ-साथ दिव्य दरबार का भी आयोजन किया जाएगा। उन्होंने श्रद्धालुओं से अधिक से अधिक संख्या में शामिल होकर कथा श्रवण का लाभ लेने की अपील की। आयोजन समिति के अनुसार, यह कार्यक्रम ग्राम ढपढप, बांकीमोंगरा में 27 मार्च से 1 अप्रैल तक चलेगा। 'अपना घर सेवा आश्रम' द्वारा आयोजित इस कथा में लाखों की संख्या में भक्तों के पहुंचने की उम्मीद है। पहले दिन भी बड़ी संख्या में श्रद्धालु कथा सुनने के लिए उपस्थित रहे। आने वाले दिनों में भी भारी भीड़ की संभावना को देखते हुए आयोजन समिति ने विशेष तैयारियां की हैं। भीड़ प्रबंधन के लिए जिला प्रशासन और पुलिस टीम ने भी व्यापक इंतजाम किए हैं। किसी भी अप्रिय घटना से बचने के लिए कथा स्थल पर बड़ी संख्या में पुलिस बल तैनात किया गया है।
अशोकनगर जिले के कचनार थाना क्षेत्र में एक 7 साल के बच्चे के साथ अप्राकृतिक कृत्य का मामला सामने आया है। आरोपी ने चॉकलेट का लालच देकर बच्चे को अपने साथ ले जाकर इस घटना को अंजाम दिया। बच्चे की मां की शिकायत पर पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस को दी गई जानकारी के अनुसार, शुक्रवार दोपहर करीब 1 बजे बच्चे की मां उसे गांव के माता मंदिर में पूजा के लिए ले गई थी। मां मंदिर के अंदर पूजा कर रही थी, जबकि बच्चा बाहर खेल रहा था। पूजा के बाद जब मां बाहर आई तो बच्चा वहां नहीं मिला। थोड़ी देर बाद 7 वर्षीय बच्चा रोते हुए घर आया और उसने अपने साथ हुई घटना के बारे में बताया। मंदिर के पीछे नाले में ले गया था आरोपीबच्चे ने बताया कि गांव का शिवचरण उसे चॉकलेट और पैसों का लालच देकर मंदिर के पीछे नाले में ले गया और वहां उसके साथ जबरन लैंगिक शोषण किया। इस शिकायत के आधार पर पुलिस ने तत्काल पॉक्सो एक्ट समेत अन्य धाराओं में मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी। अशोकनगर पुलिस अधीक्षक राजीव कुमार मिश्रा ने इस गंभीर घटना का संज्ञान लेते हुए कचनार थाना प्रभारी पूनम सेलर को आरोपी की तत्काल गिरफ्तारी के निर्देश दिए। उप निरीक्षक पूनम सेलर ने एक टीम गठित की और मात्र दो घंटे के भीतर आरोपी शिवचरण कुशवाह (21) को गिरफ्तार कर लिया। आरोपी को न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया गया, जहां न्यायालय द्वारा जेआर (जुडिशियल रिमांड) स्वीकृत करने के बाद उसे जेल भेज दिया गया।
कुरुक्षेत्र जिले के शाहाबाद में कनाडा भेजने के नाम पर साढ़े 33 लाख रुपए की धोखाधड़ी करने के एक और आरोपी को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। आरोपी सुभोजीत साधु निवासी किरदवई नगर दिल्ली के रूप में हुई। इस मामले में पुलिस सुभोजीत समेत तीन आरोपियों को पकड़ चुकी है। सर्वजीत सिंह निवासी किशनगढ़ ने 17 अक्टूबर 2024 को पुलिस को बताया था कि वह विदेश कनाडा जाना चाहता था। इसके लिए उसने हरदेव सिंह व करणदीप से मुलाकात की थी। उनके बीच विदेश भेजने के लिए 34 लाख रुपए में कनाडा भेजने की बात तय हुई थी। आरोपी ने उससे सारे पैसे एडवांस मांगे थे। साढ़े 33 लाख रुपए दिए उसने भरोसा करके 19 दिसम्बर को 13.50 लाख और 21 दिसम्बर 2020 को करीब 20 लाख रुपए आरोपी के अकाउंट में RTGS करवा दिए थे। पैसे लेकर आरोपियों ने उसका फोन उठा बंद कर दिया। उसने आरोपियों से अपने पैसे वापस मांगे तो आरोपी जान से मारने की धमकी दी। शिकायत पर पुलिस ने थाना शाहाबाद में मामला दर्ज जांच कर जांच आर्थिक अपराध शाखा को दी गई। तीसरा आरोपी गिरफ्तारी मामले की जांच करते हुए टीम ने 7 दिसम्बर 2024 को आरोपी हरदेव सिंह व करणदीप निवासी महेश नगर अम्बाला कैंट को गिरफ्तार किया था। आगे जांच करते हुए पुलिस ने तीसरे आरोपी सुभोजीत साधु को पकड़ा है। आरोपी को अदालत में पेश कर 3 दिन के पुलिस रिमांड पर लिया गया है।
उन्नाव जिले के बेहटा मुज़ावर थाना क्षेत्र में एक सड़क हादसे में राजमिस्त्री की मौत हो गई। शनिवार देर शाम गोसवा गांव के पास एक ट्रैक्टर-ट्रॉली से बाइक टकराने के बाद यह घटना हुई। हादसे में बाइक सवार एक अन्य युवक गंभीर रूप से घायल हो गया। जानकारी के अनुसार, गोसवा गांव के दो मजदूर शनिवार रात करीब आठ बजे बाइक से घर लौट रहे थे। गोसवा पुल के पास रास्ते में खड़ी एक ट्रैक्टर-ट्रॉली में उनकी बाइक पीछे से जा घुसी। स्थानीय लोगों ने घायल बाइक सवारों को बांगरमऊ सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में डॉक्टरों ने राजमिस्त्री कमल किशोर को मृत घोषित कर दिया। वहीं, गंभीर रूप से घायल प्रदीप को लखनऊ ट्रॉमा सेंटर रेफर किया गया। सूचना मिलने पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी है। मृतक की पहचान मटुकरी गांव निवासी 50 वर्षीय कमल किशोर पुत्र गंगा प्रसाद के रूप में हुई है, जो पेशे से राजमिस्त्री थे। हादसे में घायल 25 वर्षीय युवक प्रदीप पुत्र रामरतन है। मृतक कमल किशोर के परिवार में उनकी पत्नी मुन्नी और पांच बच्चे हैं, जिनमें एक बेटा और चार बेटियां शामिल हैं। बेटियों में नेहा विवाहित हैं, जबकि अनुष्का, निकिता और अनामिका अविवाहित हैं।
आगरा मेंकबाड़े के गोदाम में भीषण आग:आसमान में छाया काला धुआं, लाखों रुपए के नुकसान की आशंका
आगरा के थाना एकता क्षेत्र के धांधूपुरा इलाके में स्थित एक कबाड़े के गोदाम में अचानक भीषण आग लग गई, जिससे इलाके में हड़कंप मच गया। आग इतनी तेज थी कि कुछ ही देर में पूरे गोदाम को अपनी चपेट में ले लिया और वहां रखा कबाड़े का सामान जलकर पूरी तरह खाक हो गया। घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस और फायर ब्रिगेड की कई गाड़ियां मौके पर पहुंच गईं। फायर कर्मियों ने कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। आग बुझाने के दौरान आसपास के लोगों की भीड़ जमा हो गई और स्थिति को नियंत्रित करने के लिए पुलिस को मशक्कत करनी पड़ी।आग लगने का कारण अभी स्पष्ट नहीं हो पाया है। हालांकि शॉर्ट सर्किट या लापरवाही को संभावित वजह माना जा रहा है। राहत की बात यह रही कि इस हादसे में किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है।फायर विभाग और पुलिस की टीम मामले की जांच में जुटी हुई है। नुकसान का आंकलन भी किया जा रहा है। प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे गोदाम और ज्वलनशील सामग्री वाले स्थानों पर सुरक्षा मानकों का पालन करें, ताकि इस तरह की घटनाओं से बचा जा सके।
अजमेर में कोर्ट में सुनवाई के दौरान एक युवक ने कोर्ट की कार्यवाही (प्रोसिडिंग) का वीडियो बना लिया। जब एक कोर्ट कर्मचारी ने युवक को रोका तो उसने बदतमीजी की। इसके बाद वहां मौजूद पुलिसकर्मियों ने उसका मोबाइल फोन ले लिया। इसके बाद वीडियो को डिलीट कर दिया। कोर्ट ने इस मामले को गंभीरता से लिया। कोर्ट ने आरोपी पर एक हजार रुपए का जुर्माना लगाया। जुर्माना न भरने पर उसे एक महीने की जेल की सजा सुनाई गई। जुर्माना भरने के बाद युवक को रिहा कर दिया गया। यह मामला अजमेर के अतिरिक्त सिविल जज और न्यायिक मजिस्ट्रेट, कम संख्या-02 का है। घटना पर कोर्ट ने लिया संज्ञान फरहान खान (21) पुत्र उस्मान, चौमू के हाजी कॉलोनी के इमाम चौक, वार्ड नंबर 28 का रहने वाला है। अदालत की कार्यवाही का वीडियो बना रहा था। जब एक कोर्ट कर्मचारी ने उसे वीडियो बनाने से रोका, तो उसने बदतमीजी की। इस पर फरहान खान को न्यायालय में न्यायिक हिरासत में ले लिया गया। उसके खिलाफ भारतीय न्याय संहिता 2023 की धारा 267 और 61 (2) और भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता 2023 की धारा 384 के तहत अपराध का संज्ञान लेते हुए नोटिस जारी किया गया। बचाव पक्ष ने यह रखा पक्ष सुनवाई के दौरान बचाव पक्ष ने कहा- आरोपी एक नौजवान युवक है। अनजाने में कोर्ट की कार्यवाही का वीडियो बनाया था। इसके पीछे उसकी कोई गलत मंशा नहीं थी, इसलिए आरोपी के प्रति नरमी बरतते हुए उसे माफ किया जाए और कारावास की सजा न देकर केवल कम से कम जुर्माना लगाया जाए। वहीं, सहायक अभियोजन अधिकारी ने उचित आदेश पारित करने का निवेदन किया। कोर्ट ने माना दोषी कोर्ट ने सुनवाई के बाद कहा- आजकल युवा सोशल मीडिया पर प्रसिद्धि पाने के लिए न्यायालय की गरिमा के साथ खिलवाड़ करने से भी नहीं हिचकिचाते। इस मामले में भी आरोपी ने सिर्फ कोर्ट की कार्यवाही का वीडियो ही नहीं बनाया, बल्कि कोर्ट के कर्मचारी से बदतमीजी भी की। इतना ही नहीं, जब पुलिसकर्मी कोर्ट के आदेश पर उसका मोबाइल चेक कर रहा था, तो उससे मोबाइल छीनकर वीडियो डिलीट कर दिया। यह बहुत गंभीर बात है। इसलिए आरोपी को माफ नहीं किया जा सकता, उसे सजा मिलनी ही चाहिए। कोर्ट ने फरहान खान पर एक हजार रुपए का जुर्माना लगाया और कहा कि अगर जुर्माना नहीं भरा, तो एक महीने के लिए जेल में रहना होगा। जुर्माना भरने के बाद उसे छोड़ दिया गया।
खैरथल-तिजारा जिला एवं सत्र न्यायाधीश शैलेंद्र व्यास ने नाबालिग के साथ सामूहिक दुष्कर्म के मामले में तीन आरोपियों को दोषी करार देते हुए 20-20 साल की सजा सुनाई है। आरोपी ने अपहरण कर किया था दुष्कर्म सरकारी वकील रामजस यादव ने बताया- मामला कोटकासिम थाने का है। पीड़िता के पिता ने 1 नवंबर 2024 को रिपोर्ट दर्ज कराई थी। 13 वर्षीय नाबालिग पीड़िता ने बयान में बताया- आरोपी तेजप्रताप ने उसे अपहरण कर एक फ्लैट पर ले जाकर दुष्कर्म किया। उसी दौरान दूसरे आरोपी गौरव ने भी उसके साथ दुष्कर्म किया। घटना के बाद आरोपियों ने पीड़िता और उसके परिजनों को जान से मारने व अश्लील फोटो-वीडियो वायरल करने की धमकी दी, जिससे वह डर गई। 20 अक्टूबर को फिर किया दुष्कर्म इसके बाद 20 अक्टूबर 2024 को तेजप्रताप ने फिर वीडियो वायरल करने की धमकी देकर पीड़िता को जबरन कार में बिठाया। कार सीताराम उर्फ सितो चला रहा था। आरोपी उसे रेवाड़ी के एक होटल ले गया,जहां तेजप्रताप ने उसके साथ फिर जबरन दुष्कर्म किया। पुलिस ने जांच कर चार्जशीट दाखिल की पुलिस ने मामले की बारिकी से जांच की। सभी तथ्यों के आधार पर तीनों आरोपियों के खिलाफ चार्जशीट दाखिल की गई। मामले की सुनवाई शुरू में विशिष्ट पॉक्सो कोर्ट संख्या-4,अलवर में चल रही थी। बाद में खैरथल जिले के नए गठन के बाद फाइनल आर्ग्युमेंट के समय यह मामला खैरथल-तिजारा ट्रांसफर हो गया। अदालत में अभियोजन पक्ष की ओर से 23 गवाहों की परीक्षा की गई और 60 दस्तावेजों व 4 आर्टिकल्स को पेश किया गया। दोनों पक्षों को पर्याप्त सुनवाई का मौका देने के बाद कोर्ट ने तीनों को दोषी ठहराया। तीनों दोषियों को 20 साल की सजा और जुर्माना लगा कोर्ट ने दोषी तेजप्रताप को 20 साल की सजा और 1,80,000 रुपए जुर्माना लगाया है। दोषी गौरव को भी 20 साल की सजा और 1,30,000 रुपए जुर्माना लगाया है, वहीं दोषी सीताराम उर्फ सितो को 20 साल की सजा और 5,0000 रुपए का जुर्माना लगाया है। पीड़िता को 5 लाख मुआवजा मिलेगा कोर्ट ने पीड़िता को 5 लाख रुपए मुआवजे के रूप में 30 जिला विधिक प्राधिकरण से दिलवाने की अनुशंसा भी की है। मामले में कोर्ट के समक्ष 23 गवाह, दस्तावेज 60 और 4 आर्टिकल पेश किए गए।
छत्तीसगढ़ आबकारी विभाग एक बार फिर विवादों के घेरे में है। विभाग के जोन क्रमांक-6 में मैन-पॉवर सप्लाई का ठेका ऐसी कंपनी को दे दिया गया है, जिस पर पहले से ही लाखों रुपए के गबन का आरोप है। हैरानी की बात यह है कि नियम-कायदों को ताक पर रखकर बिना किसी बैंक गारंटी के ही करोड़ों का काम सौंप दिया गया है। मामले की लिखित शिकायत आबकारी आयुक्त से की गई है। जिस कंपनी को सीएसएमसीएल (छत्तीसगढ़ स्टेट मार्केटिंग कॉर्पोरेशन लिमिटेड) के अफसरों ने काम दिया है, उस कंपनी का नाम ऑल इन वन यानि ऑल सर्विसेस ग्लोबल प्राइवेट लिमिटेड बताया जा रहा है। डिफॉल्टर कंपनी पर मेहरबानी, नहीं ली सिक्योरिटी डिपॉजिट नया रायपुर स्थित आबकारी मुख्यालय में की गई शिकायत के मुताबिक, 'ऑल सर्विसेज ग्लोबल प्राइवेट लिमिटेड' को जोन क्रमांक-6 में शराब दुकानों के लिए सेल्समैन और सुपरवाइजर सप्लाई करने का काम दिया गया है। नियमों के अनुसार, किसी भी वेंडर को काम देने से पहले बैंक गारंटी या सिक्योरिटी डिपॉजिट जमा कराना अनिवार्य होता है, ताकि भविष्य में कोई वित्तीय गड़बड़ी होने पर उसकी वसूली की जा सके। लेकिन इस मामले में बिना किसी गारंटी के ही टेंडर दे दिया गया। अब पढ़े जोन 6 में कौन से जिले आते है आबकारी के जोन चार्ट के अनुसार जोन 6 में धमतरी, जगदलपुर, बीजापुर, दंतेवाड़ा और सुकमा आता है। इन जिलों में मैन पॉवर सप्लाई अब ऑल सर्विसेस ग्लोबल प्राइवेट लिमिटेड मैन पॉवर सप्लाई करेगी। जोन नंबर 9 यानि सूरजपुर, कोरिया, कोरबा और मनेंद्रगढ़ चिरमिरी में इस कंपनी के कर्मचारी ही काम कर रही है। कंपनी का रिकॉर्ड दागदार शिकायत में खुलासा किया गया है कि यही कंपनी वर्ष 2024-25 में सीएसएमसीएल के साथ काम करते हुए लाखों रुपए का गबन किया है। इस मामले में आबकारी अधिकारियों ने पुलिस में शिकायत भी दी थी। पुराने रिकॉर्ड में डिफॉल्टर होने के बावजूद अधिकारियों ने इसी कंपनी के पुराने सुपरवाइजरों और सेल्समैनों को फिर से नियुक्त करने की अनुमति दे दी है। विभाग ने जोन भी किए कम प्रदेश के 33 जिलों को पहले विभाग ने 12 जोन में बांटा था। जिलों को जोन में बांटने के बाद अलग–अलग कंपनियों को काम दिया गया था। आबकारी के अफसरों ने प्रदेश में जोन की संख्या अब काम कर दी है। अब 12 की बजाए प्रदेश में आठ जोन रहेंगे। इन जोनों में 732 सुपरवाइजर, 2244 सेल्समैन दुकान में सर्विस देंगे। अफसर नहीं दे रहे जवाब आबकारी विभाग में हुए इस गड़बड़ी को लेकर दैनिक भास्कर की टीम ने आबकारी अफसरों से विभाग का पक्ष जानना चाहा। विभागीय अधिकारियों ने इस संबंध में जवाब नहीं दिया है।
भिंड शहर के वार्ड क्रमांक 32 में सड़क निर्माण को लेकर अनियमितताओं का मामला सामने आया है। शनिवार शाम करीब 7:30 बजे मेला फाटक से मस्जिद तक बनाई जा रही सड़क पर अचानक रात के समय काम शुरू कर दिया गया, जिससे स्थानीय लोगों में नाराजगी फैल गई। जानकारी के अनुसार करीब 30 लाख रुपए की लागत से सड़क निर्माण कार्य दो साल पहले स्वीकृत हुआ था। शुरुआती चरण में लेवलिंग और डामरीकरण किया जाना था, लेकिन निर्माण एजेंसी ने लापरवाही बरती। करीब 8 महीने पहले सड़क पर बोल्डर डालने के बाद काम अधूरा छोड़ दिया गया था, जिससे लोग धूल और मिट्टी से परेशान थे। निर्माण प्रक्रिया पर उठे सवाल शनिवार को एजेंसी ने बिना सूचना के काम शुरू किया। पहले सड़क पर पानी डाला गया, फिर उसके ऊपर बिटुमिनस इमल्शन डालकर सतह को काला किया गया और उसके बाद जीरा गिट्टी बिछाई गई। स्थानीय लोगों का कहना है कि पानी के ऊपर बिटुमिनस इमल्शन डालने से सड़क की गुणवत्ता प्रभावित होती है। लोगों का आरोप है कि काम के दौरान नगर पालिका का कोई भी जिम्मेदार अधिकारी मौके पर मौजूद नहीं था। टाइम कीपर, उपयंत्री या सहायक यंत्री की अनुपस्थिति में काम किया गया, जिससे गुणवत्ता पर सवाल खड़े हो रहे हैं। उपयंत्री बोले- शिकायत मिली, जांच होगी मामले में नगर पालिका के उपयंत्री राजवीर सिंह भदौरिया ने बताया कि यह पुराना कार्य है, जो 8-10 महीने पहले शुरू हुआ था। छुट्टी के दिन बिना सूचना के काम शुरू होने की जानकारी उन्हें नहीं थी।उन्होंने कहा कि स्थानीय लोगों की शिकायत मिली है और जांच कर वरिष्ठ अधिकारियों को रिपोर्ट भेजी जाएगी।
कोरबा जिले के कनकी-तरदा मार्ग पर राखड़ डंप किया जा रहा है। इससे आसपास के लोग बेहद परेशान हैं। इसे अवैध डंपिंग बताया जा रहा है। ग्रामीणों में इसे लेकर भारी आक्रोश है और उन्होंने आंदोलन की चेतावनी दी है। तरदा निवासी विनोद कुमार पटेल ने बताया कि भारी वाहन खुलेआम सड़क किनारे राखड़ डंप कर रहे हैं। कई जगहों पर तो राखड़ सीधे सड़क पर ही डंप किया जा रहा है, जिसे बाद में फिलिंग के लिए इस्तेमाल किया जाता है। ग्रामीणों ने संबंधित विभाग के अधिकारियों और कर्मचारियों से इसकी शिकायत भी की है। इसके बावजूद कोई कार्रवाई नहीं है लोगों को सांस लेने में परेशानी स्थानीय लोगों का कहना है कि, सड़क किनारे राखड़ डंप होने के कारण कई बार सड़क हादसे हो चुके हैं। हल्की आंधी या भारी गाड़ियों के गुजरने पर राखड़ उड़ने लगता है, जिससे लोगों को सांस लेने में और गाड़ी चलाने में काफी परेशानी होती है। रायपुर-बिलासपुर आने-जाने वालों के लिए अहम रास्ता यह मार्ग बिलासपुर और रायपुर जाने वाले लोगों के लिए महत्वपूर्ण है। साथ ही, कई गांवों के लोग भी इसी मार्ग का उपयोग करते हैं। इस मार्ग पर भारी वाहनों का दबाव भी लगातार बढ़ रहा है। ग्रामीणों ने सवाल उठाया है कि इस मार्ग पर राखड़ डंप करने की अनुमति किसने दी और इन जमीनों का मालिक कौन है। सरपंच ने कहा- आंदोलन करेंगे महिला सरपंच गायत्री सिदार ने बताया कि इस मामले की शिकायत की गई है और इसका विरोध भी किया गया है। उन्होंने कहा कि इसके बावजूद, अवैध डंपिंग करने वाले अपनी हरकतों से बाज नहीं आ रहे हैं। सरपंच ने चेतावनी दी कि आने वाले दिनों में इस मामले को लेकर आंदोलन किया जाएगा।
बैतूल में रहने वाली 14 साल की जन्मजात दिव्यांग संगीता बोल नहीं पाती, लेकिन उसके शरीर के अंदर जो हो रहा था, वह बेहद खतरनाक था। नाक के भीतर पनप रहे कीड़े धीरे-धीरे उसके अंदरूनी हिस्सों को नुकसान पहुंचा रहे थे और डॉक्टरों के मुताबिक, कुछ दिन और देरी होती तो ये कीड़े दिमाग तक पहुंच सकते थे। परिजनों ने बताया कि संगीता (परिवर्तित नाम) पिछले एक महीने से सर्दी, खांसी और बुखार से परेशान थी। शुरुआत में इसे सामान्य बीमारी समझा गया, लेकिन धीरे-धीरे नाक से बदबू आने लगी। बच्ची सुस्त होती चली गई। वह बोल नहीं सकती थी, इसलिए दर्द और तकलीफ भी बता नहीं पा रही थी। जब परिजन संगीता को निजी अस्पताल लेकर पहुंचे, तो डॉक्टरों ने नाक के अंदर “इल्ली” (लार्वा) को चलते हुए देखा। यह देख परिजन भी सन्न रह गए। तुरंत जिला अस्पताल रेफर किया गया। बच्ची बोल नहीं पाती थी, इसलिए दर्द और तकलीफ के बारे में कुछ बता भी नहीं सकी। धीरे-धीरे वह बेहद सुस्त हो गई और परिजनों को उसकी हालत पर शक हुआ। दिमाग को नुकसान पहुंचा सकते थे कीड़ेपरिजनों ने बताया कि पहले बच्ची को सामान्य मौसमी बीमारी समझकर उपचार कराया गया, लेकिन कुछ दिनों बाद नाक से तेज बदबू आने लगी। बच्ची खाना कम करने लगी और लगातार सुस्त रहने लगी। इसके बाद उसे एक निजी अस्पताल में दिखाया गया, जहां डॉक्टरों ने नाक के अंदर जिंदा इल्ली जैसी हरकत देखी। यह देखकर परिजन घबरा गए और तत्काल जिला अस्पताल लेकर पहुंचे। जांच में सामने आया कि बच्ची “नैजल मायोसिस” नाम की दुर्लभ और गंभीर बीमारी से पीड़ित है। इस बीमारी में मक्खियां नाक या संक्रमित हिस्से में अंडे दे देती हैं और उनसे निकलने वाले लार्वा (कीड़े) अंदर के नरम ऊतकों को नुकसान पहुंचाने लगते हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि यदि यह संक्रमण कुछ दिन और बना रहता, तो कीड़े साइनस के रास्ते आंख और दिमाग तक पहुंच सकते थे। ऐसे मामलों में यह संक्रमण जानलेवा भी हो सकता है। नाक के अंदर जिंदा कीड़े… रोज निकल रही थीं इल्लीजिला अस्पताल में डॉक्टर ऋषि माहोर ने केस संभाला। जांच में सामने आया कि यह “नैजल मायसिस” है एक दुर्लभ और खतरनाक संक्रमण। डॉक्टर माहोर ने बताया कि बच्ची की नाक के अंदर जिंदा कीड़े सक्रिय थे। दूरबीन (एंडोस्कोपिक) तकनीक से अंदर जाकर एक-एक कर कीड़े निकाले गए। करीब 5 से 7 दिन तक लगातार प्रक्रिया चली और रोज 5 से 10 तक कीड़े निकाले गए। कुल मिलाकर कई बड़ी इल्ली बाहर निकाली गईं। उन्होंने बताया कि कीड़ों ने नाक के अंदर काफी डैमेज कर दिया था और संक्रमण तेजी से फैल रहा था। “कुछ दिन और होते तो दिमाग तक पहुंच जाते”डॉक्टर ऋषि माहोर के मुताबिक, नाक, साइनस और आंख का हिस्सा आपस में जुड़ा होता है। ऐसे मामलों में संक्रमण ऊपर की ओर बढ़कर आंख और दिमाग तक पहुंच सकता है। अगर समय पर इलाज नहीं होता, तो यह मामला जानलेवा भी हो सकता था। फिलहाल बच्ची अब खतरे से बाहर है और धीरे-धीरे स्वस्थ हो रही है। दूरबीन तकनीक से हुआ पूरा इलाजपूरी प्रक्रिया एंडोस्कोपिक (दूरबीन) तकनीक से की गई, जिसमें बिना बड़ा चीरा लगाए नाक के अंदर कैमरे के जरिए जाकर इलाज किया जाता है। इस तकनीक में कम नुकसान होता है और सटीक तरीके से संक्रमित हिस्से को साफ किया जाता है। डॉक्टर माहोर ने बताया कि उन्होंने अपने निजी एंडोस्कोपिक उपकरण से यह सर्जरी जिला अस्पताल में की, क्योंकि यहां पहले यह सुविधा उपलब्ध नहीं थी। मायसिस क्या है मायसिस एक दुर्लभ संक्रमण है, जिसमें मक्खियां शरीर के किसी हिस्से में अंडे दे देती हैं। उनसे निकलने वाले कीड़े (लार्वा) शरीर के अंदर के ऊतकों को खाने लगते हैं। नाक में होने वाली मायसिस बेहद खतरनाक मानी जाती है, क्योंकि यह साइनस के रास्ते आंख और दिमाग तक फैल सकती है। किन लोगों को ज्यादा खतरा लक्षण जिले में पहली बार हुई ये बड़ी सर्जरियां जिला अस्पताल में डॉक्टर ऋषि माहोर द्वारा पहली बार दूरबीन पद्धति से आज (शनिवार) कई जटिल सर्जरियां की गईं: सेप्टोप्लास्टी (नाक की टेढ़ी हड्डी का ऑपरेशन)लंबे समय से नाक बंद रहने वाले मरीज का सफल ऑपरेशन किया गया। मानस सिंह राजपूत के बेटे बताते हैं कि उनके पापा की नाक की हड्डी बढ़ गई थी। इसके कारण उन्हें सांस लेने में तकलीफ होती थी। कई जगह बाहर दिखाया। लेकिन समस्या बनी रही। ऐसे ही कृष्णा केवड़े के रिश्तेदार को हमेशा सर्दी बनी रहती थी। जांच की गई तो नाक की हड्डी टेडी निकली। निजी अस्पताल में इलाज पता किया तो डेढ़ से दो लाख का खर्च बताया गया, लेकिन जिला अस्पताल में इसका मुफ्त इलाज हो गया। * एंडोस्कोपिक डीसीआर (आंख से पानी आने का इलाज)नाक के अंदर से पहुंचकर आंसू की नली खोली गई * नैजल मायसिस का इलाज (नाक में कीड़े)दूरबीन से अंदर जाकर जिंदा कीड़े निकालकर मरीज को बचाया गया डॉक्टर माहोर ने बताया कि अब तक मरीजों को ऐसे इलाज के लिए बड़े शहर जाना पड़ता था, लेकिन अब जिला अस्पताल में ही ये सुविधाएं शुरू हो गई हैं। इसे न करें नजर अंदाज अगर नाक से बदबू, खून, मवाद या अजीब हरकत महसूस हो तो इसे नजरअंदाज न करें। समय पर इलाज ही ऐसी गंभीर और जानलेवा स्थिति से बचा सकता है।
आजमगढ़ जिले के गंभीरपुर थाना क्षेत्र में पशु तस्करों द्वारा थाने की पुलिस को खुलेआम चुनौती दिए जाने का मामला सामने आया है। गंभीरपुर थाना क्षेत्र के कमरावा गांव में गाय काटे जाने की सूचना मिलने के बाद बड़ी संख्या में स्थानीय लोगों ने पहुंचकर विरोध जताना शुरू कर दिया। मामले की जानकारी मिलने के बाद मौके पर थाने की पुलिस और क्षेत्राधिकारी भी पहुंची और घटना के खुलासे का निर्देश दिया। जिले में गोवंश काटे जाने का यह कोई पहला मामला नहीं है। इससे पहले भी जिले के कई थाना क्षेत्र में इस तरह की घटनाएं सामने आ चुकी हैं। गो तस्कर जिस तरह से घटनाओं को अंजाम दे रहे हैं। इससे यह बात साफ जाहिर होती है कि इन तस्करों के मन में पुलिस का जरा भी डर नहीं है। जिले के कई थाना क्षेत्र में हो चुकी है इस तरह की घटनाएं आजमगढ़ जिले के कई थाना क्षेत्र में गोवंश काटने की घटनाएं हो चुकी हैं। हालांकि कई मामलों में आरोपियों को मुठभेड़ में गिरफ्तार करके जेल भी भेजा जा चुका है। इसके बाद भी जिस तरह से लगातार इस तरह की घटनाएं सामने आ रही हैं। कहीं ना कहीं थानों की कार्यशैली पर सवाल उठ रहे हैं। लंबे समय से स्थान पर तैनात यह थानेदार अपने इलाकों में इस तरह की घटनाओं को रोकने में नाकाम साबित हो रहे हैं।
छतरपुर जिले में नौवीं कक्षा की एक 14 वर्षीय छात्रा ने आत्महत्या कर ली। शुक्रवार देर शाम उसने अपने घर में फांसी लगा ली। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। जानकारी के अनुसार हाल ही में घोषित परीक्षा परिणाम में छात्रा तीन विषयों में अनुत्तीर्ण हो गई थी। इसके बाद से वह तनाव में थी और गुमसुम रहने लगी थी। परिजनों के मुताबिक गुरुवार को रिजल्ट आने के बाद उसकी मानसिक स्थिति ठीक नहीं थी। शुक्रवार शाम उसने घर में फांसी लगा ली। परिजन उसे तुरंत जिला अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। परिजनों का कहना है कि छात्रा पढ़ाई में गंभीर थी और फेल होने के बाद काफी परेशान हो गई थी। परिवार ने उसे समझाने का प्रयास भी किया था। पुलिस जांच में जुटी सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और पंचनामा कार्रवाई के बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया। पुलिस मामले की जांच कर रही है और आत्महत्या के कारणों की पड़ताल की जा रही है।
उदयपुर में नाबालिग के अपहरण और छेड़छाड़ करने के मामले में शनिवार को पोक्सो कोर्ट ने आरोपी को दोषी ठहराते हुए 3 साल की सजा सुनाई है। आरोपी बालिका को बहला-फुसलाकर मुंबई ले जाने की कोशिश कर रहा था, लेकिन समय रहते मामला सामने आने पर उसे गिरफ्तार कर लिया गया और अब कोर्ट ने फैसला सुना दिया है। कोर्ट ने आरोपी पर 30 हजार रुपए जुर्माने के साथ 50 हजार रुपए का मुआवजा भी पीड़िता को देने का आदेश दिया है। पोक्सो कोर्ट संख्या-2 के जज संजय कुमार भटनागर ने आरोपी को विभिन्न धाराओं में दोषी मानते हुए 3 साल के कठोर कारावास की सजा सुनाई। कोर्ट ने साफ कहा कि बच्चों के साथ इस तरह की हरकत करने वालों के प्रति कोई नरमी नहीं बरती जा सकती, क्योंकि इससे समाज में गलत संदेश जाता है और अपराधियों के हौसले बढ़ते हैं। पड़ोसी युवक बेटी को बहला-फुसलाकर ले गया था यह पूरा मामला करीब तीन साल पुराना है। 29 जून 2023 को उदयपुर के प्रतापनगर इलाके से एक 14 साल की किशोरी अचानक गायब हो गई थी। किशोरी के पिता ने पुलिस को बताया था कि उनके पड़ोस में रहने वाला एक युवक उनकी बेटी को बहला-फुसलाकर अपने साथ ले गया है। उसने किशोरी को झांसा दिया था कि वह उसे मंदिर और फतहसागर घुमाकर जल्द वापस ले आएगा। लेकिन उसकी नीयत कुछ और ही थी। वह नाबालिग किशोरी को शहर के उदियापोल इलाके में स्थित एक होटल में ले गया। वहां उसने किशोरी के साथ अश्लील हरकतें कीं। इतना ही नहीं, वह उसे जबरन मुंबई ले जाने की फिराक में भी था और इसके लिए उसने टिकट भी ले लिए थे। हालांकि, किशोरी के विरोध करने और घर वालों की सक्रियता की वजह से वह अपने गलत मंसूबों में पूरी तरह कामयाब नहीं हो सका। पीड़िता की 10वीं की मार्कशीट कोर्ट में की गई पेश अदालत में मामले की सुनवाई के दौरान सरकारी वकील महेंद्र ओझा ने कई पुख्ता सबूत पेश किए। किशोरी की सही उम्र बताने के लिए स्कूल का रिकॉर्ड और 10वीं की मार्कशीट कोर्ट को सौंपी गई, जिससे यह कानूनी रूप से साबित हुआ कि घटना के समय वह नाबालिग थी। कोर्ट ने इन सबूतों के आधार पर युवक को अपहरण (धारा 363) और पोक्सो कानून की धारा 11/12 के तहत दोषी पाया। हालांकि, छेड़छाड़ की एक अन्य धारा में उसे संदेह का लाभ देते हुए बरी कर दिया गया। सजा के साथ-साथ अदालत ने दोषी युवक पर कुल 30 हजार रुपए का जुर्माना भी लगाया है। इसमें से 5 हजार रुपए अपहरण के लिए और 25 हजार रुपए पोक्सो एक्ट के तहत देने होंगे। साथ ही, कोर्ट ने किशोरी के मानसिक और शारीरिक दर्द को समझते हुए उसे 50 हजार रुपए का मुआवजा (प्रतिकर) देने का भी आदेश दिया है। यह पैसा जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के जरिए किशोरी को दिलाया जाएगा।
लखनऊ में 'माई फर्स्ट एनकाउंटर' नाटक का मंचन:दर्शकों को हंसी और सोच का अनोखा अनुभव मिला
लखनऊ के गोमतीनगर स्थित अंतरराष्ट्रीय बौद्ध शोध संस्थान प्रेक्षागृह में शनिवार को 'माई फर्स्ट एनकाउंटर' नामक व्यंग्यात्मक हास्य नाटक का मंचन किया गया। सांस्कृतिक संस्था सवेरा फाउंडेशन की ओर से प्रस्तुत इस नाटक ने दर्शकों को हंसी और विचार का अनूठा अनुभव प्रदान किया, जिसने उन्हें शुरुआत से अंत तक बांधे रखा। इस नाटक का लेखन मोहम्मद अनवर बेग ने किया है, जो सामाजिक सच्चाइयों को सहजता से प्रस्तुत करने के लिए जाने जाते हैं। नाटक की परिकल्पना और निर्देशन श्रीपाल गौड़ ने किया, जिन्होंने मंच पर कहानी को जीवंत और प्रभावशाली ढंग से प्रस्तुत किया। कानून-व्यवस्था को मंचन के माध्यम से दिखाया गया यह नाटक ब्लैक कॉमेडी शैली पर आधारित है, जो पुलिस व्यवस्था, कानून-व्यवस्था बनाए रखने के दबाव और 'एनकाउंटर' जैसी संवेदनशील प्रक्रिया को व्यंग्यात्मक रूप से दर्शाता है। कहानी एक नव-नियुक्त इंस्पेक्टर के इर्द-गिर्द घूमती है, जो अपने वरिष्ठ अधिकारियों की अपेक्षाओं को पूरा करने के लिए एक बड़े अपराधी का एनकाउंटर करने का प्रयास करता है। परिस्थितियों के कारण, वह एक छोटे चोर को ही बड़ा अपराधी साबित करने की योजना बनाता है। यहीं से घटनाओं में हास्य और व्यंग्य का सिलसिला शुरू होता है, जो दर्शकों को मनोरंजन के साथ-साथ सोचने पर भी विवश करता है।नाटक यह संदेश देता है कि गलत दिशा में उठाया गया कदम अंततः स्वयं के लिए ही कठिनाइयाँ उत्पन्न करता है। कहानी के अंत में इंस्पेक्टर को अपनी गलती का एहसास होता है और वह सही मार्ग चुनने का निर्णय लेता है। कलाकारों ने दमदार अभिनय से मनोरंजन कराया मंच पर अनुभवी और युवा कलाकारों के बीच शानदार तालमेल देखने को मिला। अभिषेक सिंह, संतोष प्रजापति, अजय कुमार, तरुण यादव, माही, ओमकार पुष्कर और मंजीत मौर्य सहित सभी कलाकारों ने अपने अभिनय से पात्रों को जीवंत कर दिया। यह नाटक केवल मनोरंजन तक सीमित नहीं रहा, बल्कि समाज और पुलिस व्यवस्था को आत्ममंथन का महत्वपूर्ण संदेश भी देता है।
खरगोन में शनिवार देर शाम डायवर्सन रोड पर एक चलते ट्रक में आग लग गई। ट्रक का पिछला हिस्सा जलता रहा और वाहन करीब 300 मीटर तक आगे बढ़ता रहा। पेट्रोल पंप के पास घटना होने से बड़ा हादसा टल गया। जानकारी के अनुसार ट्रक श्रीजी ऑटो सेंटर स्थित पेट्रोल पंप के पास खड़ा था, तभी उसमें आग लग गई। एक तांगा चालक ने पंप कर्मचारियों को सूचना दी। कर्मचारियों ने तुरंत इमरजेंसी स्विच बंद कर दिया और फायर बॉटल से आग बुझाने का प्रयास शुरू किया। साथ ही दमकल विभाग को सूचना दी गई। चालक ने वाहन को दूर ले जाकर रोका ट्रक चालक ने सूझबूझ दिखाते हुए जलते वाहन को पेट्रोल पंप से दूर करीब 300 मीटर आगे खाली चावला मार्केट परिसर में ले जाकर रोका, जिससे संभावित बड़ा नुकसान टल गया। नगरपालिका की दमकल टीम मौके पर पहुंची और आग पर काबू पाया। हालांकि तब तक ट्रक में रखा सामान काफी हद तक जल चुका था। ट्रक एक ट्रांसपोर्ट कंपनी का था, जिसमें स्टेशनरी और कॉस्मेटिक सहित विभिन्न प्रकार का सामान रखा था। आग से पूरा माल जलकर नष्ट हो गया। प्रारंभिक अनुमान के अनुसार करीब 2 लाख रुपए से अधिक का नुकसान हुआ है।
प्रशासन ने दो स्थानों से 81 गैस सिलेंडर जब्त किए:कालाबाजारी और रिफिलिंग की सूचना पर की छापेमारी
हाथरस में प्रशासन ने पुलिस बल के साथ मिलकर दो अलग-अलग स्थानों पर छापा मारकर कुल 81 गैस सिलेंडर जब्त किए हैं। यह कार्रवाई गैस सिलेंडरों की कालाबाजारी और अवैध रिफिलिंग की सूचना पर आज शाम की गई। पहली कार्रवाई हाथरस गेट कोतवाली क्षेत्र के गांव सोखना में एक बिल्डिंग मैटेरियल की दुकान पर हुई। यहां से प्रशासन ने 69 घरेलू गैस सिलेंडर जब्त किए। टीम के पहुंचने से पहले ही कालाबाजारी करने वाले मौके से फरार हो गए। बताया जा रहा है कि इस स्थान पर गैस रिफिलिंग का काम भी चल रहा था। कालाबाजारी करने वाले बाकायदा यहां के बारे में लोगों को यह सूचना देते थे कि यहां पर गैस सिलेंडर उपलब्ध है। इसके अतिरिक्त, टीम ने मुरसान गेट पर भी एक अन्य स्थान पर छापा मारा। यहां से 12 गैस सिलेंडर बरामद हुए, जिनमें 9 बड़े और 3 छोटे सिलेंडर शामिल हैं। उपजिलाधिकारी सदर राजबहादुर ने बताया कि दोनों स्थानों से गैस सिलेंडर बरामद किए गए हैं और इस मामले में वैधानिक कार्रवाई की जा रही है। खाड़ी देशों में युद्ध के कारण घरेलू गैस सिलेंडरों की किल्लत देखी जा रही है और वहीं घरेलू गैस सिलेंडरों की कालाबाजारी भी हो रही है। माना जा रहा है कि कुछ गैस एजेंसी संचालक भी इसमें लिप्त हैं।
मध्य प्रदेश के ग्वालियर में अडाणी डिफेंस एंड एयरोस्पेस ने भारतीय सेना को 2,000 ‘प्रहार’ लाइट मशीन गन (LMG) की पहली खेप सौंपी। यह 7.62 मिमी कैलिबर के हथियार ग्वालियर के स्मॉल आर्म्स कॉम्प्लेक्स में बनाए गए हैं। सरकार इन हथियारों का इस्तेमाल LAC और LoC पर सुरक्षा और मारक क्षमता बढ़ाने के लिए करेगी। ‘प्रहार’ LMG की मारक क्षमता 1,000 मीटर तक है, जिससे दुश्मनों को दूर से निशाना बनाया जा सकता है। मशीन गन 8 किलोग्राम की हैं, जिनकी लंबाई 1100 mm है। शनिवार को ग्वालियर स्थित प्लांट में सेना को LMG सौंपने के लिए कार्यक्रम आयोजित किया गया। इसमें रक्षा मंत्रालय के डीजी ए. अंबरासु, कंपनी के CEO आशीष राजवंशी और अन्य वरिष्ठ अधिकारी शामिल हुए। अधिकारियों ने मशीन गन की पहली खेप लेकर जा रहे ट्रकों को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। गन मशीनों की 4 तस्वीरें देखिए… 6 साल में पूरा हुआ प्रोजेक्ट, समय से पहले डिलीवरी CEO आशीष राजवंशी ने बताया कि इस प्रोजेक्ट को बोली जमा करने से लेकर डिलीवरी तक पूरा करने में करीब 6 साल लगे। कंपनी ने निर्धारित समय से 11 महीने पहले पहली खेप सौंप दी है। पूरा ऑर्डर देने के लिए पहले 7 साल से ज्यादा का समय तय था, लेकिन कंपनी इसे अगले 3 साल के भीतर पूरा कर देगी। 40,000 मशीन गन का ऑर्डर कंपनी के अनुसार, LMG का कुल ऑर्डर लगभग 40,000 यूनिट का है। रक्षा मंत्रालय के अधिकारी ए. अंबरासु ने समय से पहले डिलीवरी की सराहना करते हुए कहा कि इससे साबित होता है कि प्रोजेक्ट को तेजी से पूरा करने की क्षमता मौजूद है। सरकार और निजी क्षेत्र की साझेदारी पर जोर अंबरासु ने कहा कि सरकार रक्षा उद्योग के साझेदारों के साथ मिलकर काम कर रही है। उन्होंने “गति” और “पैमाना” को रक्षा खरीद के दो अहम स्तंभ बताया। उन्होंने यह भी कहा कि देश को आत्मनिर्भर बनाने के लिए सरकार और निजी कंपनियों को साथ मिलकर काम करना होगा। प्लांट की क्षमता और तकनीक ग्वालियर में बना यह केंद्र करीब 100 एकड़ में फैला है और इसका सालाना उत्पादन लगभग 1 लाख हथियारों का है। इसमें इस्तेमाल होने वाली 90% से ज्यादा सामग्री देश में ही तैयार की जाती है। यहां एक अंडरग्राउंड फायरिंग रेंज भी है, जहां अधिकारियों ने निशानेबाजी का अभ्यास किया। कंपनी के अनुसार, इस केंद्र में हर साल लगभग 30 करोड़ छोटे कैलिबर के गोला-बारूद बनाने की क्षमता है। साथ ही बड़े और मध्यम कैलिबर के गोला-बारूद के उत्पादन की क्षमता बढ़ाने की योजना भी है। हर हथियार की सख्त जांच कंपनी ने बताया कि हर हथियार को सेना में शामिल करने से पहले कई परीक्षणों से गुजरना पड़ता है। इसमें बैलिस्टिक टेस्ट, पर्यावरणीय जांच और अन्य तकनीकी मूल्यांकन शामिल हैं, ताकि हथियार पूरी तरह भरोसेमंद और विश्वसनीय हों। भविष्य में CQB हथियार भी बनाए जाएंगे भविष्य की योजना के तहत यह केंद्र क्लोज क्वार्टर बैटल (CQB) हथियार बनाने के लिए तैयार है। इससे देश में छोटे हथियारों के निर्माण की क्षमता और बढ़ेगी। कंपनी का लक्ष्य अप्रैल 2026 से हर महीने लगभग 1,000 LMG का उत्पादन शुरू करना है। पूरा ऑर्डर 3 साल से भी कम समय में पूरा कर दिया जाएगा। ‘मेक इन इंडिया’ से सस्ते और भरोसेमंद हथियार कंपनी का कहना है कि इन हथियारों को ‘मेक इन इंडिया’ के तहत तैयार किया गया है, जिससे ये वैश्विक बाजार के मुकाबले कम कीमत पर उपलब्ध होंगे और सेना व अर्धसैनिक बलों के लिए भरोसेमंद साबित होंगे। आधुनिक तकनीक से लैस है प्लांट इस प्लांट में बैरल निर्माण, बोल्ट कैरियर और रिसीवर बनाने के साथ CNC मशीनिंग, रोबोटिक्स, सरफेस ट्रीटमेंट, सटीक माप-तोल प्रयोगशाला और 25 मीटर की फायरिंग रेंज जैसी आधुनिक सुविधाएं मौजूद हैं।
अछल्दा में रेलवे फाटक पर तकनीकी खराबी के कारण लगे भीषण जाम में फंसी एक एम्बुलेंस में प्रसूता ने बच्चे को जन्म दिया। यह घटना शनिवार शाम दिल्ली-हावड़ा रूट पर 13 बी क्रॉसिंग पर हुई। फाटक बंद होने से दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं, जिसके चलते एम्बुलेंस समय पर अस्पताल नहीं पहुंच पाई। शनिवार शाम लगभग 7:55 बजे गेटमैन द्वारा फाटक खोला जा रहा था, तभी तकनीकी खराबी आ गई और एक तरफ का फाटक नहीं खुल सका। गेटमैन ने तत्काल इसकी सूचना स्टेशन मास्टर को दी। स्टेशन मास्टर की सूचना पर रेलकर्मी मौके पर पहुंचे। उन्होंने लगभग 27 मिनट की मशक्कत के बाद फाटक को ठीक किया और उसे खोला गया। फाटक खुलते ही वाहनों का जमावड़ा लग गया, जिसे आरपीएफ ने मौके पर पहुंचकर व्यवस्थित किया। इसी दौरान, विकासखंड क्षेत्र के उदई पुरवा गांव से प्रसूता आरती देवी (पत्नी पुष्पेंद्र) को डिलीवरी के लिए अछल्दा सीएचसी ले जा रही एक एम्बुलेंस भी जाम में फंस गई। जाम में फंसे होने के कारण एम्बुलेंस आगे नहीं बढ़ पाई। आशा निर्मला और ईएमटी विकास श्रीवास्तव ने एम्बुलेंस के भीतर ही प्रसूता की सुरक्षित डिलीवरी कराई। फाटक खुलने और जाम हटने के बाद, जच्चा-बच्चा को तुरंत अछल्दा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) में भर्ती कराया गया। दोनों की हालत स्थिर बताई जा रही है।
बुरहानपुर जिले की नेपानगर थाने की पुलिस चौकी नावरा ने केरपानी गांव में घर से सोने-चांदी के जेवरात चोरी करने वाले दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपियों के पास से करीब 1.5 लाख रुपए का चोरी का माल बरामद किया है। 24 मार्च 2026 को फरियादी विजय, निवासी ग्राम केरपानी, ने पुलिस को रिपोर्ट दी थी कि वह अपने परिवार के साथ बाजार गया था। घर लौटने पर उसने देखा कि पेटी का ताला टूटा हुआ था और उसमें रखे सोने की झुमकी, चांदी की पायजेब और चांदी की चेन गायब थी। चोरी हुए जेवरात की कुल कीमत लगभग 1.5 लाख रुपए थी। शिकायत के बाद, पुलिस ने धारा 305(a) और 331(1) बीएनएस के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू की। नावरा चौकी प्रभारी उनि हेमेन्द्र सिंह चौहान के नेतृत्व में एक टीम का गठन किया गया। टीम ने संदिग्ध आमीन पिता बरकत और रमजान पिता मोहम्मद, दोनों निवासी ग्राम केरपानी, को पूछताछ के लिए बुलाया। जेवरात चोरी करना कबूल किया गहन पूछताछ में दोनों आरोपियों ने घर में घुसकर सोने-चांदी के जेवरात चोरी करने की वारदात को अंजाम देना स्वीकार कर लिया। पुलिस ने शनिवार को दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। उनके पास से चोरी की गई सोने की झुमकी, चांदी की पायजेब और चांदी की चेन बरामद की गई, जिनकी कुल कीमत 1.5 लाख रुपए है। पुलिस आरोपियों से अन्य चोरी की घटनाओं के संबंध में भी पूछताछ कर रही है। इस कार्रवाई में चौकी प्रभारी नावरा हेमेन्द्र सिंह चौहान के साथ प्रधान आरक्षक संदीप पटेल, दीपक राजपूत, सुभाष मोरे और आरक्षक संदीप वानखेड़े शामिल रहे।
राजस्थान की स्वास्थ्य शिक्षा और फिजियोथेरेपी के क्षेत्र में एक ऐतिहासिक पहल के रूप में “राजस्थान फिजियो समिट 2026” का आयोजन आगामी 6-7 अप्रैल को बीएम बिड़ला ऑडिटोरियम, जयपुर में किया जा रहा है। यह आयोजन RUHS से संबद्ध फिजियोथेरेपी कॉलेजों एवं राजस्थान तथा देश के प्रमुख निजी विश्वविद्यालयों के संयुक्त प्रयास से आयोजित किया जा रहा है, जो अपने आप में एक अनूठी पहल है। इस राष्ट्रीय स्तर के सम्मेलन में देशभर से लगभग 2000 से 2500 छात्र, शोधकर्ता, शिक्षाविद् और क्लिनिशियन भाग लेंगे, जिससे यह कार्यक्रम फिजियोथेरेपी क्षेत्र का एक विशाल ज्ञान एवं अनुभव साझा करने का मंच बनेगा। कार्यक्रम में राज्यपाल हरिभाऊ बागड़े, विधानसभा अध्यक्ष वासुदेव देवनानी और RUHS के कुलपति प्रो. (डॉ.) प्रमोद येओले सहित राजस्थान एवं देश के कई गणमान्य अतिथियों के उपस्थित रहने की संभावना है। इसके अतिरिक्त, इंडियन एसोसिएशन ऑफ फिजियोथेरेपी के प्रतिष्ठित पदाधिकारी डॉ. संजीव झा, डॉ. अली ईरानी, डॉ. रुचि वर्श्नेय एवं डॉ. जोजी जॉन भी इस सम्मेलन में भाग लेंगे। देशभर से कई विशिष्ट एवं अनुभवी वक्ता अपने विचार एवं ज्ञान साझा करेंगे। फिजियोथेरेपी क्षेत्र में उत्कृष्ट योगदान देने वाले विशेषज्ञों का सम्मान सम्मेलन की प्रमुख विशेषताओं में वैज्ञानिक प्रस्तुतियां, पोस्टर प्रेजेंटेशन, शोध गतिविधियां, क्लिनिकल डिस्कशन तथा एक भव्य सांस्कृतिक संध्या शामिल हैं। साथ ही, फिजियोथेरेपी क्षेत्र में उत्कृष्ट योगदान देने वाले विशेषज्ञों का सम्मान समारोह (Felicitation Ceremony) भी आयोजित किया जाएगा। यह सम्मेलन न केवल छात्रों के लिए ज्ञानवर्धक होगा, बल्कि शोध, नवाचार और क्लिनिकल उत्कृष्टता को बढ़ावा देने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। इस भव्य आयोजन के अध्यक्ष डॉ. ध्रुव तनेजा, आयोजन अध्यक्ष डॉ. दीपक कुमार सिंह, मुख्य संयोजक डॉ. मालीराम शर्मा, संयोजक डॉ. कपिला जैन एवं कोषाध्यक्ष डॉ. अरुण कुमार शर्मा हैं, जो इस कार्यक्रम को सफल बनाने के लिए निरंतर प्रयासरत हैं।
बेटे पर हमला किया तो पिता लेपर्ड से भिड़ा:दांती से लगातार वार किए, जान बचाकर भागे लेपर्ड की मौत
बीकानेर में खेत में काम कर रहे पिता-पुत्र पर लेपर्ड ने हमला कर दिया। बेटे को बचाने पहुंचे पिता ने दांती (फसल काटने का औजार) से लेपर्ड पर कई वार किए, जिससे बचकर भागा लेपर्ड आगे पानी के नाले में जाकर गिर गया, जहां उसकी मौत हो गई। घटना बज्जू उपखंड क्षेत्र के बरसलपुर ग्राम पंचायत के चक 6 बीडीवाई में शाम करीब 4:15 बजे हुई। पिता ने बेटे को बचाने के लिए किया जवाबी हमलाजानकारी के अनुसार- बरसलपुर के चक 6 BDY में किसान ओमप्रकाश मेघवाल और उसका बेटा कमल मेघवाल खेत में काम कर रहे थे। इसी दौरान अचानक लेपर्ड खेत में घुस आया और दोनों पर झपटा। इससे दोनों के हाथ, पैर और पेट सहित शरीर के कई हिस्सों पर गहरे जख्म हो गए। लेपर्ड ने पहले कमल पर हमला किया तो गुस्साए पिता ने बेटे को बचाने के लिए दांती से लेपर्ड पर जवाबी हमला किया। इसके बाद दोनों बाप-बेटों ने मिलकर संघर्ष किया। दांती के आगे के नुकिले हिस्से के वार से लेपर्ड घायल हो गया और जान बचाने के लिए पानी के नाले में छुपकर बैठ गया। चीख-पुकार सुनकर दूसरे ग्रामीण भी मौके पर पहुंचे। हालांकि इस दौरान पानी में छुपकर बैठा लेपर्ड दम तोड़ चुका था। पुलिस बोली- घायलों का हॉस्पिटल में इलाज जारीरणजीतपुरा थाना के एएसआई नैनुसिंह ने बताया कि शाम करीब 4:15 बजे सूचना मिली कि क्षेत्र में एक जंगली जानवर (चीता/लेपर्ड) घुस आया है और दो लोगों को घायल कर दिया है। सूचना पर पुलिस टीम मौके पर पहुंची और दोनों घायलों को बरसलपुर के हॉस्पिटल में भर्ती कराया, जहां इलाज के बाद उनकी हालत खतरे से बाहर है। घटना के बाद लेपर्ड पास के खाले (वॉटरकोर्स) में जाकर छिप गया था। बाद में वह वहीं मृत अवस्था में मिला। इसकी सूचना वन विभाग को दी गई। पोस्टमॉर्टम के बाद सही कारण आएंगे सामनेवन विभाग के क्षेत्रीय अधिकारी दीपेन्द्र सिंह ने बताया कि लेपर्ड को कब्जे में लेकर रेंज कार्यालय भेज दिया गया है और उच्च अधिकारियों को सूचना दे दी गई है। मृत लेपर्ड का पोस्टमॉर्टम मेडिकल बोर्ड से कराया जाएगा, जिसके बाद ही उसकी मौत के कारणों का सही खुलासा हो सकेगा। बता दें कि जिले के खाजूवाला, बज्जू और लूणकरनसर में कई बार लेपर्ड होने की जानकारी मिलती रही है, लेकिन पकड़ में नहीं आया। यह पहला मौका है जब बज्जू में एक लेपर्ड की मौत हुई है।
लखनऊ में मुनाल महोत्सव शुरू:लोक संस्कृति को संजोने के उद्देश्य से तीन दिवसीय आयोजन
लखनऊ के सर्वोदय नगर स्थित लिबर्टी पार्क कुर्मांचल में शनिवार को तीन दिवसीय मुनाल महोत्सव का शुभारंभ हो गया हैं। 28 से 30 मार्च तक चलने वाले इस महोत्सव का उद्देश्य लुप्त होती लोक परंपराओं को संरक्षित करना और नई पीढ़ी तक पहुंचाना है। इसमें लोक संस्कृति की विविध झलकियां देखने को मिलेंगी। महोत्सव के पहले दिन विधान परिषद सदस्य संतोष सिंह, अवनीश सिंह पटेल और विक्रम बिष्ट ने दीप प्रज्वलित कर कार्यक्रम का उद्घाटन किया। उद्घाटन के साथ ही मंच पर लोक संस्कृति से जुड़ी प्रस्तुतियां शुरू हो गईं। उत्कृष्ट योगदान देने वाली हस्तियों को सम्मानित किया इस अवसर पर विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट योगदान देने वाली हस्तियों को सम्मानित किया गया। इनमें भोजपुरी लोक गायक संतोष कुमार, समाजसेवी आशा शुक्ला और पूर्व सभासद मनोज अवस्थी प्रमुख थे। उन्हें अंगवस्त्र, प्रतीक चिन्ह और प्रमाण पत्र प्रदान किए गए। मुख्य अतिथि ने कहा कि ऐसे आयोजन कलाकारों का मनोबल बढ़ाते हैं और सांस्कृतिक विरासत को जीवंत रखते हैं। सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आगाज 'राम ही राम' भजन से हुआ, जिसे यशभारती सम्मानित लोक गायिका ऋचा जोशी ने अपनी मधुर आवाज में प्रस्तुत कर माहौल को भक्तिमय बना दिया। इसके बाद दमयंती नेगी के निर्देशन में विनोद रावत, हेमा पांचाल, अनीता नेगी, अनीता सिंह, आशा देवी, राखी बिष्ट और सुनीता बिष्ट ने गढ़वाल की होली पर आधारित मनमोहक नृत्य प्रस्तुत किया। फिल्मी गीतों की प्रस्तुति दी हरदोई से आए कलाकार उस्मान हैदर और अंकित सिंह ने पुराने फिल्मी गीतों की प्रस्तुति से दर्शकों का मनोरंजन किया, जिस पर दर्शक झूमते हुए नजर आए।महोत्सव में संगीत और नृत्य का अद्भुत संगम देखने को मिला। मां सिद्धि दात्री सेवा समिति के नरेंद्र पांडे और मंदाकिनी बहुगुणा के निर्देशन में हार्ट एंड सोल ग्रुप के कलाकारों ने भी अपनी कला का प्रदर्शन किया। रेनू कांडपाल, नीलम जोशी के साथ संस्कृति विभाग और सूचना विभाग के कलाकारों ने भी मंच पर प्रस्तुतियां दीं।
करनाल में टेलीग्राम के जरिए टास्क पूरा कर पैसे कमाने का लालच देकर दो युवकों से 7 लाख 60 हजार की साइबर ठगी का मामला सामने आया है। आरोपियों ने अलग-अलग यूपीआई आईडी और बैंक खाते के माध्यम से कुछ ही घंटों में कई ट्रांजैक्शन कर रकम हड़प ली। पीड़ित ने साइबर क्राइम में शिकायत दी, जिसके आधार पर पुलिस ने केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। करनाल निवासी देवेश ने पुलिस को दी शिकायत में बताया है कि उसे टेलीग्राम पर टास्क पूरा करने के बदले पैसे कमाने का लालच दिया गया। आरोपियों के कहने पर उसने अलग-अलग खातों में पैसे ट्रांसफर किए, लेकिन बाद में कोई रिटर्न नहीं मिला और ठगी का पता चला। कुछ ही घंटों में 6 ट्रांजेक्शन से निकाली रकम 07 मार्च को दोपहर 12:26 बजे 8,532 रुपए हेमलता चौधरी के गूगल-पे यूपीआई आईडी पर भेजे गए। इसके बाद 12:39 बजे 26 हजार 244 रुपए निका सिंह के फोन-पे पर ट्रांसफर किए। 12:55 बजे 35 हजार 060 रुपए अशोक कुमार के गूगल-पे पर भेजे गए। फ्रीचार्ज और पेटीएम के जरिए भी हुआ भुगतान दोपहर 01:01 बजे 40 हजार रुपए सय्यूम के फ्रीचार्ज यूपीआई पर भेजे गए। वहीं 03:02 बजे 8,748 रुपए अजमेर ऑटो सेंटर के पेटीएम पर ट्रांसफर किए गए। आईएमपीएस से बड़ी रकम ट्रांसफर शाम 04:33 बजे सबसे बड़ी रकम 1 लाख 94 हजार 940 रुपए आईएमपीएस के जरिए बैंक ऑफ महाराष्ट्र के खाते में भेजी गई। यह खाता अजय सिंह निकुम के नाम पर था। इस तरह कुल 6 ट्रांजैक्शन में 3 लाख 13 हजार 524 रुपए की ठगी हुई। शिकायत के बाद पुलिस ने शुरू की जांच पीड़ित ने साइबर क्राइम में शिकायत दर्ज करवाई। थाना साइबर अपराध करनाल में मामला दर्ज किया गया। मामले की जांच सब इंस्पेक्टर सुरेंद्र को सौंपी गई है। पुलिस का कहना है कि शिकायत के आधार पर मामला दर्ज कर लिया गया है। मामले की जांच जारी है। आरोपियों को जल्द ही ट्रेस कर लिया जाएगा। अनजान व्यक्ति का आया फोन इसके अलावा गांव मंजूरा निवासी अलोक ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि बीती 4 फरवरी को सुबह करीब 8 बजे उसे टेलीग्राम पर एक अंजान व्यक्ति का फोन आया। कॉल करने वाले ने खुद को “ग्रो ऐप” से जुड़ा बताया और निवेश करने का झांसा दिया। इसके बाद उसने एक लिंक भेजा, जिस पर क्लिक करते ही उसके बैंक खातों से पैसे कटने लगे। आईसीआईसीआई बैंक से कई बार निकले पैसेपीड़ित के आईसीआईसीआई बैंक खाते से 4 फरवरी को 70 हजार रुपए, 11 फरवरी को 20 हजार रुपए, 18 फरवरी को 48 हजरी 600, 20 फरवरी को 36 हजार 300 और 22 फरवरी को एक लाख 50 हजार निकाले गए। इसके अलावा एसबीआई खाते से 01 मार्च को 1 लाख 23 हजार रुपए निकाल लिए गए। इस तरह कुल 4 लाख 47 हजार 900 रुपए की साइबर ठगी हुई। अलोक ने 25 फरवरी को साइबर क्राइम हेल्पलाइन 1930 पर शिकायत दर्ज करवाई। इसके बाद 02 मार्च को दूसरी शिकायत दर्ज करवाई गई।
सोनभद्र के श्यामसुंदर हत्याकांड के मामले में सत्र न्यायाधीश राम सुलीन सिंह की अदालत ने शनिवार को छह दोषियों को 10-10 वर्ष के कारावास की सजा सुनाई है। इन दोषियों में गरीब, रामअवतार, मोहनलाल, रामलाल, मन्नीलाल शर्मा और नंदलाल शामिल हैं। अदालत ने प्रत्येक दोषी पर 11-11 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया है। अदालत ने स्पष्ट किया कि अर्थदंड का भुगतान न करने पर दोषियों को तीन-तीन माह की अतिरिक्त कैद भुगतनी होगी। दोषियों द्वारा जेल में बिताई गई अवधि को उनकी सजा में समायोजित किया जाएगा। अभियोजन पक्ष के अनुसार, यह घटना लगभग साढ़े दस वर्ष पूर्व 6 जून 2015 को हुई थी। गोविंद कुमार पुत्र लालमनी, निवासी बेलखुरी, थाना घोरावल, जिला सोनभद्र ने पुलिस को दी तहरीर में बताया था कि सुबह 8 बजे जमीन कब्जा करने के विवाद को लेकर उनके पड़ोसी गरीब, रामअवतार, मोहनलाल, रामलाल, मन्नीलाल शर्मा और नंदलाल ने उन्हें लाठी-डंडों से पीटना शुरू कर दिया था। गोविंद के शोर मचाने पर उनके पिता लालमनी और भाई श्यामसुंदर उन्हें बचाने आए, तो आरोपियों ने उन्हें भी बेरहमी से पीटा। इस मारपीट में गंभीर रूप से घायल हुए श्यामसुंदर की इलाज के दौरान मौत हो गई थी। पुलिस ने गोविंद की तहरीर पर एफआईआर दर्ज कर मामले की विवेचना शुरू की। पर्याप्त सबूत मिलने के बाद विवेचक ने अदालत में चार्जशीट दाखिल की। मामले की सुनवाई के दौरान, अदालत ने दोनों पक्षों के अधिवक्ताओं के तर्कों को सुना, गवाहों के बयान दर्ज किए और पत्रावली का अवलोकन करने के बाद छहों आरोपियों को दोषी ठहराया। अभियोजन पक्ष की ओर से जिला शासकीय अधिवक्ता ज्ञानेंद्र शरण रॉय ने बहस की। मारपीट के क्रॉस केस में भी 3 को सजावहीं, साढ़े 10 साल पहले हुए मारपीट के क्रॉस केस में सत्र न्यायाधीश राम सुलीन सिंह की अदालत ने शनिवार को सुनवाई करते हुए तीन आरोपियों लालमनी, राजेश और गोविंद को दोषी करार दिया। अदालत ने तीनों को 5-5 वर्ष के कारावास और 3-3 हजार रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई है। अर्थदंड न देने पर तीन-तीन माह की अतिरिक्त कैद भुगतनी होगी। साथ ही, जेल में बिताई गई अवधि सजा में समाहित की जाएगी। अभियोजन पक्ष के अनुसार, रामअवतार पुत्र गरीब, निवासी बेलखुरी, थाना घोरावल, जिला सोनभद्र ने 6 जून 2015 को दी गई तहरीर में आरोप लगाया था कि सुबह करीब 8 बजे उसका पड़ोसी लालमनी उसके घर के दरवाजे पर आकर गाली-गलौज करने लगा। विरोध करने पर लालमनी, राजेश और गोविंद ने उसे लाठी-डंडों से पीटना शुरू कर दिया। शोर सुनकर उसका भाई बचाने पहुंचा, तो आरोपियों ने उसे भी मारपीट कर घायल कर दिया। इस तहरीर के आधार पर पुलिस ने एफआईआर दर्ज कर मामले की विवेचना शुरू की। पर्याप्त साक्ष्य मिलने पर विवेचक ने अदालत में आरोप पत्र (चार्जशीट) दाखिल किया। मामले की सुनवाई के दौरान अदालत ने दोनों पक्षों के अधिवक्ताओं की दलीलें, गवाहों के बयान और पत्रावली का अवलोकन करने के बाद तीनों आरोपियों को दोषी पाते हुए उपरोक्त सजा सुनाई। अभियोजन पक्ष की ओर से पैरवी जिला शासकीय अधिवक्ता ज्ञानेंद्र शरण रॉय ने की।
भातखण्डे विश्वविद्यालय में कथक संध्या का आयोजन:शताब्दी वर्ष समारोह में संगीत-नृत्य परंपरा जीवंत हुई
लखनऊ में भातखण्डे संस्कृति विश्वविद्यालय में शनिवार को कथक संध्या का आयोजन किया गया। विश्वविद्यालय के शताब्दी वर्ष समारोह के तहत यह कार्यक्रम भातखण्डे एलुमनी एसोसिएशन के सहयोग से कलामण्डपम प्रेक्षागृह में हुआ। इसमें बड़ी संख्या में कला प्रेमी उपस्थित रहे। कार्यक्रम का निर्देशन विश्वविद्यालय की एलुमनी डॉ. मीरा दीक्षित ने किया। शाम 3 बजे शुरू हुए इस आयोजन में कथक नृत्य की विविध शैलियों और भावों का प्रदर्शन किया गया।कार्यक्रम की शुरुआत डॉ. राघवेंद्र प्रताप सिंह के एकल कथक नृत्य से हुई। उन्होंने तीनताल में आधारित ‘राम स्तुति’ प्रस्तुत की। इसमें उपज, ठाठ, आमद, तिहाई, टुकड़े, परन और गत जैसे पारंपरिक अंग शामिल थे। उनकी प्रस्तुति का समापन शिव भजन के साथ हुआ। ‘आज माई मोहन खेलें होरी’ की प्रस्तुति इसके बाद होली की थीम पर आधारित समूह कथक नृत्य ‘आज माई मोहन खेलें होरी’ प्रस्तुत किया गया। इसमें चित्रांगदा मिश्रा, सुरभि निगम, तनुश्री, अरिंदम सिंह और मोहित गौतम ने प्रस्तुति दी।संगीत में जौहर पाल ने गायन किया, जबकि नितीश सिंह ने तबले पर और मो. जीशान ने सारंगी पर संगत दी।कार्यक्रम की मुख्य अतिथि विश्वविद्यालय की कुलपति प्रो. मांडवी सिंह थीं। उन्होंने कलाकारों की सराहना की और ऐसे आयोजनों को भारतीय संस्कृति के संरक्षण के लिए महत्वपूर्ण बताया। ये रहे मौजूद कार्यक्रम का संचालन एलुमनी एसोसिएशन के सचिव गिरीश चंद्र बहुगुणा ने किया। समापन अवसर पर कार्यक्रम की अध्यक्षा डॉ. सीमा भारद्वाज ने धन्यवाद ज्ञापन दिया।इस अवसर पर आलोक कुमार पांडेय, नीरज शर्मा, डॉ. पूनम श्रीवास्तव सहित एलुमनी एसोसिएशन के कई सदस्य और अन्य कला प्रेमी उपस्थित थे।
बागपत के शबगा गांव में समाजवादी पार्टी का पीडीए संवाद कार्यक्रम आयोजित किया गया। इसमें उत्तर प्रदेश के पूर्व कैबिनेट मंत्री नसीमुद्दीन सिद्दीकी मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। उन्होंने भाजपा सरकार पर निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि देश में हर वर्ग, विशेषकर ब्राह्मणों पर अत्याचार हो रहे हैं। सिद्दीकी ने अपने संबोधन में कहा कि उन्होंने गीता, चारों वेद और कुरान का अध्ययन किया है और सभी धर्मों की किताबें प्रेम से रहने का संदेश देती हैं। उन्होंने सवाल उठाया कि 2014 से पहले देश में मंदिर-मस्जिद क्यों नहीं थे और अब भाजपा सरकार क्यों मंदिर-मस्जिद की राजनीति को बढ़ावा देकर आपसी प्रेम खत्म कर रही है। उन्होंने आगे कहा कि भाजपा सरकार के रहते ही हर वर्ग और विशेषकर ब्राह्मणों पर अत्याचार हो रहे हैं। उन्होंने शंकराचार्य विवाद का जिक्र करते हुए पूछा कि क्या यह रामराज है। पूर्व मंत्री ने अखिलेश यादव के पीडीए (पिछड़ा, दलित,अल्पसंख्यक) के उद्देश्य को सभी लोगों को साथ लेकर चलना बताया। उन्होंने आरोप लगाया कि देश में तोड़ने की साजिश हो रही है और भाजपा की मंदिर-मस्जिद की राजनीति देश को कमजोर कर रही है। नसीमुद्दीन सिद्दीकी ने भाजपा सरकार पर अमेरिकी दादागिरी स्वीकार करने का आरोप लगाया। उन्होंने पुलवामा और पहलगाम में हुए आतंकी हमलों का जिक्र करते हुए सुरक्षा में चूक पर सवाल उठाए। सिद्दीकी ने कहा कि देश की सेना ने ऑपरेशन सिंदूर के तहत दुश्मनों को मारा, इसमें अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रम्प का क्या लेना-देना था। उन्होंने यह भी कहा कि सीजफायर का अधिकार हमारी सेना का है ट्रम्प का नहीं और सरकार देश को अमेरिका का गुलाम बना रही है। सिद्दीकी ने देश में बढ़ती बेरोजगारी,परीक्षाओं के पेपर रद्द होने, महंगाई चरम पर होने और किसानों पर थोपे गए तीन काले कानूनों को लेकर भी सरकार की आलोचना की। उन्होंने कहा कि किसानों को रोका गया और 731 किसान बॉर्डर पर मर गए। उन्होंने सवाल किया कि सरकार ने बाद में काले कानूनों को खुद भी काला कहा और गलती मानी,लेकिन 731 किसानों की मौत का जिम्मेदार कौन है। पूर्व मंत्री ने दावा किया कि जेवर एयरपोर्ट बनाने का फैसला समाजवादी पार्टी सरकार का था,जबकि वर्तमान सरकार को केवल 'पत्थर लगाने' का शौक है।
आगरा के डॉ. भीमराव अंबेडकर विश्वविद्यालय के छलेसर कैंपस में बी-फार्मा छात्र आकाश पर जानलेवा हमले का आरोप लगा है। पीड़ित के अनुसार गणेश मंदिर के पास कुछ छात्रों ने उसे घेरकर मारपीट की, जिसमें उसका सिर फट गया। घटना सीसीटीवी कैमरे में कैद बताई जा रही है, जबकि छात्र ने वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल कर कार्रवाई की मांग की है। पीड़ित छात्र का आरोप है कि हॉस्टल में रहने वाले बीटेक छात्र रविंद्र, आलोक और डी-फार्मा छात्र आकाश पिछले कई दिनों से उसे धमका रहे थे। उसने कहा कि आरोपियों ने सुनियोजित तरीके से उसे घेरकर धक्का-मुक्की और मारपीट की, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया। छात्र ने यह भी आरोप लगाया कि संबंधित छात्र पहले भी हॉस्टल में दबंगई, गाली-गलौज और मारपीट जैसी घटनाओं में शामिल रहे हैं और कई छात्रों को जान से मारने की धमकी दे चुके हैं। उसके मुताबिक, हॉस्टल में लंबे समय से इनका खौफ बना हुआ था, लेकिन कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। मारपीट के बाद पीड़ित ने अपना वीडियो जारी कर पूरी घटना का जिक्र किया। वीडियो वायरल होने के बाद मामला तूल पकड़ गया और कैंपस में छात्रों के बीच नाराजगी बढ़ गई। सोशल मीडिया पर भी आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग उठ रही है। मामले पर कुलपति प्रो. आशु रानी ने संज्ञान लेते हुए संबंधित अधिकारियों को एफआईआर दर्ज कराने के निर्देश दिए हैं। साथ ही, आरोप सही पाए जाने पर दोषी छात्रों के खिलाफ सख्त कार्रवाई और डिबार करने की बात कही गई है। घटना के बाद कैंपस सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल उठ रहे हैं। छात्रों का कहना है कि यदि पहले शिकायतों पर ध्यान दिया जाता, तो ऐसी घटना टाली जा सकती थी।
संभल में वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) की बिगड़ती स्थिति के बीच, ईंट भट्टों पर प्रतिबंधित ईंधन के इस्तेमाल की शिकायतों पर कार्रवाई की गई है। सिटी मजिस्ट्रेट ने पुलिस बल के साथ कई ईंट भट्टों पर छापेमारी की। शनिवार शाम 4 बजे, सिटी मजिस्ट्रेट सुधीर कुमार ने हसनपुर रोड स्थित थाना नखासा क्षेत्र के गांव कुरकावली और थाना हयातनगर क्षेत्र के गांव मुजफ्फरपुर में संचालित ईंट भट्टों का निरीक्षण किया। गांव कुरकावली में शान ब्रिक वर्क्स और खालसा ईंट उद्योग के निरीक्षण के दौरान, टायर जलाने के बाद बचे काले पाउडर का ईंधन के रूप में इस्तेमाल होता पाया गया। इसके बाद गांव मुजफ्फरपुर स्थित हिलाल ईंट कंपनी में लगभग 10 कुंतल टायर की राख मिली, जिसका प्रयोग भी ईंधन के तौर पर किया जा रहा था। इस कार्रवाई से प्रतिबंधित ईंधन का उपयोग करने वाले भट्ठा मालिकों और कारोबारियों में हड़कंप मच गया। सिटी मजिस्ट्रेट सुधीर कुमार ने बताया कि ईंट भट्टों पर प्रतिबंधित ईंधन के इस्तेमाल की लगातार शिकायतें मिल रही थीं। उन्होंने पुष्टि की कि कुछ जगहों पर टायर की जली हुई राख मिली है, जो पूरी तरह प्रतिबंधित है। प्रदूषण विभाग की टीम को बुलाया गया है और उन्हें नियमानुसार कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए हैं। उन्होंने यह भी बताया कि यह अभियान प्रतिदिन जारी रहेगा और किसी को भी प्रतिबंधित ईंधन या अन्य वर्जित वस्तुओं का इस्तेमाल नहीं करने दिया जाएगा। पूरे मामले की जांच के बाद नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। सिटी मजिस्ट्रेट सुधीर कुमार ने बताया कि ईंट भट्टों पर प्रतिबंधित ईंधन के इस्तेमाल की लगातार शिकायतें मिल रही थीं। उन्होंने पुष्टि की कि कुछ जगहों पर टायर की जली हुई राख मिली है, जो पूरी तरह प्रतिबंधित है। प्रदूषण विभाग की टीम को बुलाया गया है और उन्हें नियमानुसार कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए हैं। उन्होंने यह भी बताया कि यह अभियान प्रतिदिन जारी रहेगा और किसी को भी प्रतिबंधित ईंधन या अन्य वर्जित वस्तुओं का इस्तेमाल नहीं करने दिया जाएगा। पूरे मामले की जांच के बाद नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
बदायूं की बिसौली कोतवाली में दृष्टिहीन व्यक्ति से अभद्रता का वीडियो सामने आया है। थाने से फरियादी को गाली देकर धक्के मारकर बाहर निकाल दिया गया। वीडियो में कोतवाल राजेंद्र सिंह पुंडीर फरियादी को गाली देते दिखाई पड़ रहे हैं। वह हड़काते हुए अपनी कुर्सी से उठते हैं और दृष्टिहीन फरियादी को धक्के देकर बाहर कर देते हैं। वीडिया सामने आने पर एसएसपी ने कोतवाल राजेंद्र सिंह पुंडीर और दरोगा भूपेंद्र यादव को निलंबित कर दिया है। मामले की जांच सीओ बिसौली को सौंपी गई है। अब जानिए पूरा मामला… वजीरगंज थाना क्षेत्र के गांव नौली हरनाथपुर निवासी दृष्टिबाधित मोरपाल के अनुसार, 2 मार्च को उनके भतीजे के साथ सड़क हादसा हुआ था। घायल को जिला अस्पताल रेफर किया गया, लेकिन आरोप है कि पुलिस ने मामले में कोई मुकदमा दर्ज नहीं किया। लगातार टालमटोल करती रही। न्याय न मिलने पर मोरपाल दोबारा बिसौली कोतवाली पहुंचे थे। मोरपाल का आरोप है कि कोतवाली पहुंचने पर हल्का दरोगा भूपेंद्र यादव ने उनके साथ अभद्रता की और गाली-गलौज शुरू कर दी। इसके बाद प्रभारी निरीक्षक राजेंद्र सिंह पुंडीर भी मौके पर पहुंचे। उन्होंने गाली-गलौज कर मोरपाल को अपमानित किया। धक्के मारकर कोतवाली से बाहर निकाल दिया। इस घटना का किसी ने वीडियो बना लिया, जो बाद में सोशल मीडिया पर वायरल हो गया। मोरपाल ने इस मामले की शिकायत मुख्यमंत्री पोर्टल पर भी दर्ज कराई थी। लेकिन वहां से कोई राहत नहीं मिली थी। वीडियो सामने आने के बाद पुलिस प्रशासन हरकत में आया और तत्काल प्रभाव से प्रभारी निरीक्षक राजेंद्र सिंह पुंडीर तथा दरोगा भूपेंद्र यादव को निलंबित कर दिया गया। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि मामले की जांच जारी है। जांच में जो भी तथ्य सामने आएंगे, उनके आधार पर आगे की विभागीय कार्रवाई की जाएगी।
शिवपुरी जिले के खनियाधाना थाना क्षेत्र में शनिवार दोपहर को झांसी पुलिस से भाग रहे हत्या और डकैती के आरोपी को ग्रामीणों ने पकड़ लिया। आरोपी झांसी पुलिस की घेराबंदी तोड़कर भाग रहा था। भागने के दौरान कफार गांव के पास आरोपी की कार पुलिया से टकराकर क्षतिग्रस्त हो गई। इसी दौरान पीछे से आ रही झांसी पुलिस की गाड़ी भी नहर किनारे झाड़ियों में फंस गई और पलटने से बाल-बाल बची। इस दौरान वाहन क्षतिग्रस्त हो गया। हादसे के बाद मौके का फायदा उठाकर भाग रहे आरोपी को जिला पंचायत सदस्य सियाराम लोधी ने बच्चा चोर समझकर पकड़ लिया। इसके बाद ग्रामीणों ने कार में सवार महिला समेत दो अन्य लोगों को भी घेर लिया। ग्रामीणों ने झांसी पुलिस के हवाले कियाकुछ देर बाद झांसी पुलिस मौके पर पहुंची। इस दौरान आरोपी ने ग्रामीणों के बीच खुद के एनकाउंटर किए जाने का डर जताते हुए मदद मांगी, लेकिन ग्रामीणों ने उसे तुरंत सौंपने से इनकार कर दिया और पहले स्थानीय पुलिस को बुलाने की बात कही। सूचना मिलते ही खनियाधाना थाना पुलिस मौके पर पहुंची। इसके बाद ग्रामीणों ने आरोपी और अन्य लोगों को झांसी पुलिस के हवाले कर दिया। दतिया के रहने वाला है आरोपपकड़ा गया आरोपी फईम खान दतिया जिले के निचरौली गांव का रहने वाला है। वह हाल ही में हत्या के मामले में ग्वालियर सेंट्रल जेल से पैरोल पर छूटा था और झांसी में लूट व डकैती के मामलों में भी वांछित था। घटना के समय वह अपने माता-पिता और एक अन्य व्यक्ति के साथ दतिया से चंदेरी जा रहा था।
चलती बाइक पर गिरा विशाल नीम का पेड़:धमतरी में दो बाइक सवार बाल-बाल बचे, हाईवे बाधित
धमतरी जिले में तेज आंधी-तूफान के दौरान एक बड़ा हादसा होने से बच गया। कुकरेल बस स्टैंड के पास स्टेट हाईवे पर चलती बाइक पर अचानक एक विशाल नीम का पेड़ गिर गया। स्थानीय लोगों की तत्परता से दोनों बाइक सवारों की जान बच गई। तेज आंधी-तूफान के कारण धमतरी-नगरी मार्ग पर स्थित कुकरेल बस स्टैंड के पास सड़क किनारे लगा एक पुराना नीम का पेड़ अचानक सड़क पर गिर गया। उसी समय वहां से गुजर रही एक बाइक इसकी चपेट में आ गई। बाल बाल बचे बाइक सवार पेड़ गिरते ही आसपास मौजूद ग्रामीणों और व्यापारियों ने तुरंत राहत और बचाव कार्य शुरू किया। उन्होंने बाइक सवार दोनों युवकों को पेड़ के नीचे से सुरक्षित बाहर निकाला। दोनों को हल्की चोटें आईं, जिन्हें इलाज दिया गया। स्टेट हाईवे पर यातायात एक घंटे बंद रहा पेड़ गिरने के कारण धमतरी-नगरी स्टेट हाईवे पर यातायात पूरी तरह बाधित हो गया। सड़क के दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं और लगभग एक घंटे तक मार्ग बंद रहा। स्थानीय लोगों, व्यापारियों और राहगीरों की मदद से पेड़ को हटाया गया, जिसके बाद यातायात सामान्य हो सका। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, यदि पेड़ गिरने के समय सड़क पर ज्याद गाड़ियां होते या पेड़ कुछ सेकंड पहले या बाद में गिरता, तो एक बड़ा हादसा हो सकता था। लोगों की तत्परता और सहयोग से संभावित बड़ी दुर्घटना टल गई। जर्जर पेड़ों की कटाई-छंटाई की मांग इस घटना के बाद तेज आंधी-तूफान के दौरान सड़क किनारे पुराने और जर्जर पेड़ों से खतरे की आशंका को देखते हुए प्रशासन से ऐसे पेड़ों की जांच और समय पर कटाई-छंटाई की मांग भी उठने लगी है। फिलहाल, दोनों घायल सुरक्षित हैं और मार्ग पर यातायात पूरी तरह बहाल कर दिया गया है।
हांसी को 16 दिसंबर 2025 को जिला घोषित किए जाने के बाद पहली बार कलेक्टर रेट में वृद्धि की प्रक्रिया शुरू हो गई है। प्रशासन ने वर्ष 2026-27 के लिए एक ड्राफ्ट जारी किया है, जिसमें शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों के साथ-साथ विभिन्न गांवों की जमीनों के रेट में संशोधन का प्रस्ताव है। इस ड्राफ्ट रिपोर्ट के अनुसार, सामान्य क्षेत्रों में लगभग 10 प्रतिशत की बढ़ोतरी प्रस्तावित है। वहीं, हाईवे और विकसित क्षेत्रों में यह वृद्धि 15 से 50 प्रतिशत तक हो सकती है। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि यह संशोधन मौजूदा बाजार भाव को ध्यान में रखते हुए किया गया है। नेशनल हाईवे और प्रमुख सड़कों के किनारे स्थित जमीनों के रेट में सर्वाधिक बढ़ोतरी प्रस्तावित है। कुतुबपुर-हांसी रोड के पास कृषि भूमि का रेट लगभग 26 लाख रुपए प्रति एकड़ से बढ़ाकर 39 लाख रुपए प्रति एकड़ तक करने का प्रस्ताव है। ढाणा और आसपास में 20-40 प्रतिशत वृद्धि का प्रस्ताव इसी तरह, ढाणा और इसके आसपास के क्षेत्रों में भी 20 से 40 प्रतिशत तक की वृद्धि का प्रस्ताव है। इन इलाकों को अब महंगे जोन में शामिल किया जा सकता है। ड्राफ्ट रिपोर्ट में उमरा, कुतुबपुर, ढाणा, शेखपुरा और गंगवा सहित कई अन्य गांवों की कृषि और रिहायशी जमीनों के कलेक्टर रेट में संशोधन प्रस्तावित है। उमरा गांव में सामान्य कृषि भूमि के रेट में सीमित वृद्धि का प्रस्ताव है, जबकि मुख्य सड़क के पास अधिक बढ़ोतरी होगी। कुतुबपुर में हाईवे से सटे क्षेत्रों में सर्वाधिक उछाल देखा जाएगा। ढाणा में लोकेशन के अनुसार 15 से 40 प्रतिशत तक का अंतर प्रस्तावित है, वहीं शेखपुरा और आसपास के गांवों में औसतन 10 से 15 प्रतिशत तक की बढ़ोतरी हो सकती है। एक करोड़ तक हो सकते हैं विकसित क्षेत्रों के रेट रिपोर्ट के अनुसार, हाईवे और विकसित क्षेत्रों में कलेक्टर रेट 80 लाख रुपए से 1 करोड़ रुपए प्रति एकड़ तक पहुंचने का प्रस्ताव है। इसके विपरीत, सामान्य ग्रामीण क्षेत्रों में न्यूनतम रेट 11 से 13 लाख रुपए प्रति एकड़ के आसपास निर्धारित किए गए हैं। ड्राफ्ट को लेकर प्रक्रिया शुरू जारी दस्तावेज के अनुसार यह कलेक्टर रेट वर्ष 2026-27 के लिए प्रस्तावित ड्राफ्ट है, जिसे संबंधित अधिकारियों को भेजा गया है। इसमें संशोधन व आपत्तियों के बाद अंतिम दरें तय की जाएंगी।क्या होगा असरकलेक्टर रेट में बढ़ोतरी का सीधा असर जमीन की रजिस्ट्री पर पड़ेगा, जिससे खरीद-फरोख्त महंगी होगी। जिला बनने के बाद पहली बार हो रहा यह संशोधन आने वाले समय में हांसी के रियल एस्टेट बाजार की दिशा तय करने में अहम भूमिका निभाएगा।
सीधी जिले के रामपुर नैकिन थाना इलाके के चंद्रेह गांव में शनिवार शाम 7:00 बजे बोलेरो ने सड़क किनारे बैठे दो दोस्तों को जोरदार टक्कर मार दी। हादसे में दोनों की मौत हो गई। जानकारी के मुताबिक, चंद्रेह गांव के रहने वाले हर्षित विश्वकर्मा और विपिन विश्वकर्मा अपने घर के पास सड़क किनारे बैठे हुए थे। इसी दौरान तेज गति से आ रही एक बोलेरो बेकाबू होकर उन पर चढ़ गई। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि एक युवक ने मौके पर ही दम तोड़ दिया। दूसरे युवक की गंभीर हालत को देखते हुए उसे रीवा के संजय गांधी अस्पताल भेजा गया, लेकिन इलाज के दौरान उसकी भी मौत हो गई। हादसे के बाद बोलेरो ड्राइवर गाड़ी लेकर मौके से भाग निकला था। पुलिस ने घेराबंदी कर पकड़ा आरोपी रामपुर नैकिन थाना प्रभारी सुधांशु तिवारी ने बताया कि पुलिस ने फौरन जांच शुरू की और सीसीटीवी फुटेज की मदद से बोलेरो की पहचान कर उसे जब्त कर लिया। पुलिस ने आरोपी ड्राइवर को रीवा जिले की सीमा से गिरफ्तार कर लिया है। अब उसके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जा रही है।
देवरिया जिले में बिना वैध कागजात के डीजल बेचने के आरोप में एक पेट्रोल पंप के मालिक और मैनेजर के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है। सदर कोतवाली पुलिस ने यह कार्रवाई एसडीएम के औचक निरीक्षण के बाद की। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। यह मामला देवरिया-सलेमपुर मार्ग पर स्थित नायरा के पेट्रोल पंप मां ऑटो फ्यूल (अहिरवार बुजुर्ग) का है। एसडीएम के निरीक्षण के दौरान वहां एक ट्रैक्टर-ट्रॉली में दो ड्रमों में डीजल भरा जा रहा था। मौके पर मौजूद अधिकारियों ने जब संबंधित व्यक्तियों से डीजल बिक्री से जुड़े कागजात मांगे, तो वे कोई वैध पर्ची या दस्तावेज प्रस्तुत नहीं कर पाए। जांच में पता चला कि ट्रैक्टर-ट्रॉली चालक फिरोज अहमद और गोविंद गुप्ता लगभग 400 लीटर डीजल (प्रत्येक ड्रम में 200 लीटर) भरवा रहे थे। पेट्रोल पंप कर्मचारियों ने इस बिक्री के लिए न तो मशीन से निकली पर्ची दी और न ही कोई रिकॉर्ड रखा। संबंधित धाराओं में एफआईआर दर्ज की एसडीएम ने इस अनियमितता को गंभीरता से लिया और पूर्ति निरीक्षक सन्नी देओल को कार्रवाई के निर्देश दिए। सदर कोतवाली पुलिस ने पेट्रोल पंप मालिक पप्पू जायसवाल और मैनेजर विनय दूबे के खिलाफ आवश्यक वस्तु अधिनियम 1955 की धारा 3/7 सहित अन्य संबंधित धाराओं में एफआईआर दर्ज की है। पुलिस ने मौके से ट्रैक्टर-ट्रॉली और दोनों ड्रमों में भरा डीजल जब्त कर थाने में जमा करा दिया है। संबंधित व्यक्तियों को वैध कागजात प्रस्तुत करने के लिए नोटिस भी जारी किया गया है। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि पेट्रोलियम पदार्थों की आपूर्ति में अनियमितता और नियमों के उल्लंघन पर भविष्य में भी सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।
मिर्जापुर में 2 अप्रैल को कायस्थ समाज के कुलाधिदेव भगवान चित्रगुप्त के प्राकट्य दिवस चैत्र पूर्णिमा के अवसर पर शोभायात्रा निकाली जाएगी। सामाजिक संस्था के.एस.पी. ट्रस्ट इस कार्यक्रम का आयोजन कर रही है। इसमें लखनऊ, गोरखपुर, प्रयागराज, वाराणसी, चंदौली, जौनपुर, भदोही और सोनभद्र सहित कई जिलों से बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के शामिल होने की उम्मीद है। संस्था के अध्यक्ष डॉ. शक्ति श्रीवास्तव ने बताया कि शोभायात्रा का शुभारंभ शहर के बरियाघाट स्थित 124 वर्ष प्राचीन श्रीचित्रगुप्त मंदिर से शाम 5 बजे होगा। उन्होंने जानकारी दी कि पश्चिम बंगाल, राजस्थान, बिहार और झारखंड से भी कायस्थ समाज के प्रतिनिधि इस आयोजन में भाग ले सकते हैं। शोभायात्रा में भगवान चित्रगुप्त की झांकियां प्रदर्शित की जाएंगी। इस दौरान फूलों की वर्षा, डीजे, ढोल-ताशा और पारंपरिक वाद्य यंत्रों का प्रयोग किया जाएगा। आयोजन में आतिशबाजी की भी व्यवस्था की गई है। शोभायात्रा के समापन के बाद श्रद्धालुओं के लिए महाप्रसाद का वितरण किया जाएगा। कार्यक्रम संयोजक शिवम श्रीवास्तव ने बताया कि शोभायात्रा को लेकर श्रद्धालुओं में उत्साह है। मीडिया प्रभारी रजत श्रीवास्तव ने जानकारी दी कि विधान परिषद सदस्य आशुतोष सिन्हा, कायस्थ पाठशाला ट्रस्ट के अध्यक्ष चौधरी राघवेन्द्र नाथ सिंह और महामंत्री एस.डी. कौटिल्य सहित कई विशिष्ट अतिथि भी शोभायात्रा में शामिल होंगे। शहर में इस आयोजन की तैयारियां जारी हैं।
राज्य सरकार ने हाईकोर्ट में कहा है कि एक जुलाई से जर्जर भवनों में स्कूल नहीं चलेंगे। हाईकोर्ट में जर्जर स्कूलों के मामले में हुई सुनवाई के दौरान सरकार की ओर से एक जुलाई से जर्जर भवनों में स्कूल नहीं चलाने का भरोसा दिलाया। जजों ने जर्जर स्कूलों के लिए एक दिन का वेतन देने की घोषणा की। अतिरिक्त सॉलिसिटर जनरल भरत व्यास ने डेढ़ लाख और शिक्षा से जुड़े एडवोकेट अशोक अग्रवाल ने 50 हजार रुपए देने की घोषणा की। जस्टिस महेद्र कुमार गोयल और न्यायाधीश अशोक कुमार जैन ने झालावाड स्कूल हादसे के बाद दर्ज याचिकाओं सहित अन्य जनहित याचिकाओं पर शनिवार को सुनवाई की। इस दौरान कोर्ट ने सुझाव दिया कि सभी अधिकारी-कर्मचारी भी इस अभियान में सहयोग दें। राजस्थान के जर्जर स्कूल भवनों को नए सिरे से बनाने और इन पर निगरानी के लिए राज्य और जिला स्तर पर मॉनिटािंग कमेटियां बनाई गई है। झालावाड़ स्कूल हादसे के बाद प्रदेश के जर्जर स्कूलों के हालात पर राजस्थान हाईकोर्ट में हुई सुनवाई में सरकार ने अब तक इस दिशा में किए गए काम का ब्यौरा रखा। सरकार की तरफ से कोर्ट को बताया गया कि जर्जर स्कूलों की बिल्डिंग नए सिरे से बनाने और उनकी मरम्मत पर लगातार मॉनिटरिंग के लिए राज्य और जिला स्तर पर कमेटियां बनाई गई हैं। कोर्ट को राज्य सरकार ने जर्जर स्कूलों की मरम्मत के प्लान के बारे में अवगत करवाया। सरकार ने कोर्ट को बताया कि केंद्र से करीब 500 करोड़ रुपए भी मंजूर हो चुके हैं। हाईकोर्ट जर्जर स्कूलों पर लिए गए प्रसंज्ञान पर सुनवाई कर रहा है। अब 11 मई को अगली सुनवाई की तारीख तय की है। 5 साल में 12,335 करोड़ खर्च कर जर्जर स्कूलों को सिरे से बनाने का प्लान पिछली सुनवाई के दौरान कोर्ट में मुख्य सचिव ने 729 पेज का एक्शन प्लान फाइल किया था। इस एक्शन प्लान के तहत 5 साल में करीब 12,335 करोड़ रुपए खर्च कर स्कूलों के जर्जर भवनों का जीर्णोद्धार करने का प्लान बताया गया है। शिक्षा विभाग के एसीएस की अध्यक्षता में राज्य स्तरीय कमेटी, 5 साल लगतार मॉनिटरिंग करेगी कमेटी सरकार की तरफ से हाईकोर्ट को बताया गया कि जर्जर स्कूलों को नए सिरे से बनाने और उनकी मरम्म्त पर लगातर मॉनिटरिंग के लिए शिक्षा विभाग के एसीएस की अध्यक्षता में 10 सदस्यीय राज्य स्तरीय कमेटी बनाई गई है। इस कमेटी में वित्त बजट विभाग के सचिव, समग्र शिक्षा अभियान के स्टेट प्रोजेक्ट डायरेक्टर और सुपरिंटेंडेंट इंजीनियर, एमएनआईटी सिविल इंजीनियरिंग विभाग के विभागाध्यक्ष, यूनिसेफ के प्रतिनिधि, एनजीओ के दो प्रतिनिधि और स्कूल एसोसिएशन के प्रतिनिधि इसके मेंबर होंगे। कलेक्टर की अध्यक्षता में जिला स्तरीय कमेटी बनाई गई है। जिला स्तरीय कमेटी में पीडब्ल्यूडी के एक्सईएन, समग्र शिक्षा अभियान के सीडीओ मेंबर और असिस्टेंट इंजीनियर इसके सदस्य सचिव होंगे। राज्य और जिला स्तरीय समिति का कार्यकाल 5 साल होगा।
राजसमंद जिले ने टीबी मुक्त भारत अभियान के तहत एक और महत्वपूर्ण उपलब्धि अपने नाम की है। एक्स-रे स्क्रीनिंग के क्षेत्र में शानदार प्रदर्शन करते हुए राजसमंद ने प्रदेश स्तर पर तीसरा स्थान हासिल किया है। इस उपलब्धि पर विश्व क्षय दिवस के अवसर पर जयपुर में आयोजित राज्य स्तरीय कार्यक्रम में जिला क्षय अधिकारी डॉ. रामनिवास जाट को सम्मानित किया गया। कलेक्टर अरुण कुमार हसीजा के नेतृत्व और सीएमएचओ डॉ. हेमंत बिंदल के मार्गदर्शन में चिकित्सा विभाग की टीम ने समन्वित प्रयास करते हुए यह सफलता हासिल की। जिले में टीबी उन्मूलन के लिए समयबद्ध स्क्रीनिंग, मरीजों की पहचान और इलाज के लिए विशेष अभियान चलाए गए। दूरस्थ और ग्रामीण क्षेत्रों तक पहुंच बनाकर एक्स-रे स्क्रीनिंग को व्यापक स्तर पर संचालित किया गया, जिससे संभावित मरीजों की समय पर पहचान संभव हो सकी। साथ ही जागरूकता कार्यक्रमों के माध्यम से आमजन को टीबी के लक्षणों और इलाज के प्रति जागरूक किया गया। चिकित्सा विभाग द्वारा घर-घर सर्वे, स्क्रीनिंग शिविर और नियमित फॉलोअप जैसी गतिविधियों को प्रभावी ढंग से लागू किया गया। विभाग ने आमजन से अपील की है कि टीबी के लक्षण दिखाई देने पर तुरंत जांच कराएं, ताकि समय पर इलाज से बीमारी को पूरी तरह ठीक किया जा सके।
इंदौर ट्रैफिक पुलिस भी हाईटेक होती जा रही है। मॉड्यूलर व्हीकल बैरियर और टायर किलर जैसे इक्विपमेंट्स का लाइव डेमो पुलिस जवानों ने लिया और किसी भी परिस्थिति में गाड़ियों को कैसे रोका जा सके, इसकी खास ट्रेनिंग ली। अधिकारियों की मौजूदगी में शनिवार को यह ट्रेनिंग विजय नगर चौराहे पर हुई। बता दें कि हाल ही में ट्रैफिक पुलिस के पास मॉड्यूलर व्हीकल बैरियर और टायर किलर मंगवाए गए हैं। अब पुलिस जवान इनका इस्तेमाल करना सीख रहे हैं, ताकि भारी गाड़ियों को समय रहते रोका जा सके। डीसीपी (ट्रैफिक प्रभारी) राजेश कुमार त्रिपाठी की मौजूदगी में पुलिस जवानों को ट्रेनिंग दी गई। आधुनिक संसाधनों से लैस हो रही ट्रैफिक पुलिस हाई स्पीड वाहनों को नियंत्रित करने की विशेष ट्रेनिंग इस प्रैक्टिस का मुख्य उद्देश्य किसी संदिग्ध/अपराध में इस्तेमाल गाड़ी को सुरक्षित रूप से रोकना, हाई स्पीड गाड़ियों को नियंत्रित करना और आकस्मिक परिस्थितियों में तुरंत प्रतिक्रिया देना था। डेमो के दौरान मौजूद अधिकारियों ने पुलिस जवानों से कहा कि इनका इस्तेमाल सावधानी से, प्रशिक्षित तरीके से और आमजन की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए करें। इस प्रकार की नियमित ट्रेनिंग या प्रैक्टिस से ट्रैफिक पुलिस की कार्यकुशलता, तत्परता और आपात स्थितियों में कार्रवाई करने की क्षमता बढ़ेगी, जिससे शहर की ट्रैफिक व्यवस्था और अधिक सुरक्षित और सुदृढ़ बन सकेगी।
उत्तर प्रदेश विधानसभा की वित्तीय एवं प्रशासनिक विलंब समिति की महत्वपूर्ण बैठक शनिवार को कलक्ट्रेट सभाकक्ष में हुई। समिति के सभापति डॉ. रतनपाल सिंह की अध्यक्षता में हुई इस बैठक में जनपद में संचालित विभिन्न विकास परियोजनाओं और प्रशासनिक मामलों की गहन समीक्षा की गई। बैठक में अनुपस्थित अधिकारियों से स्पष्टीकरण मांगने के निर्देश दिए गए। सभापति ने अधूरी योजनाओं को तत्काल पूरा करने और लंबित मामलों का अविलंब निस्तारण करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सरकारी योजनाओं का लाभ आम जनता तक पहुंचना चाहिए और शासन की मंशा के अनुरूप कार्य होने चाहिए। बैठक के दौरान चालू वित्तीय वर्ष में संचालित सरकारी योजनाओं की विभागवार प्रगति का आकलन किया गया। इसमें दिसंबर 2025 तक स्वीकृत बजट, खर्च की स्थिति और विभागों को अपेक्षित धनराशि न मिलने पर उनके प्रयासों की जानकारी ली गई। योजनाओं के लक्ष्य, उपलब्धियों और कमियों के कारणों पर भी विस्तार से चर्चा हुई। विभिन्न विभागों की समीक्षा करते हुए पुलिस विभाग में चल रहे निर्माण कार्यों की जानकारी पुलिस अधीक्षक से ली गई। मुख्य चिकित्सा अधिकारी को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों का नियमित निरीक्षण करने के निर्देश दिए गए। आयुष्मान गोल्डन कार्ड की समीक्षा के दौरान, जनपद में लक्ष्य के सापेक्ष बने कार्डों की संख्या और प्राप्त आवेदनों के आधार पर कार्ड बनाने के निर्देश दिए गए। शिक्षा विभाग की समीक्षा में बेसिक शिक्षा अधिकारी से 19 पैरामीटर में आने वाले विद्यालयों, फर्नीचर और विद्युतीकरण की स्थिति तथा समग्र शिक्षा के अंतर्गत आने वाले कार्यों के बारे में जानकारी ली गई। बैठक में खाद्य सुरक्षा अधिकारी, औषधि निरीक्षक और अधीक्षण अभियंता विद्युत अनुपस्थित पाए गए, जिनके लिए स्पष्टीकरण प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए। बैठक में विजय बहादुर पाठक, सर्वेश चंद्र गुप्ता, जिलाधिकारी प्रवीण मिश्र, पुलिस अधीक्षक इलामारन जी, मुख्य विकास अधिकारी विवेक कुमार श्रीवास्तव, मुख्य राजस्व अधिकारी दिनेश और जिला विकास अधिकारी उमेश चंद्र तिवारी सहित जनपद स्तरीय अधिकारी उपस्थित थे।
इटावा जिले की में मेडिकल कचरे के निस्तारण को लेकर बड़ा मुद्दा सामने आया है। समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष और पूर्व मुख्यमंत्री ने सोशल मीडिया पर वीडियो जारी करते हुए यूनिवर्सिटी के इन्सिनेरेटर की जर्जर हालत पर गंभीर चिंता जताई है। उन्होंने कहा कि इन्सिनेरेटर पूरी तरह जंग खाकर खराब हो चुका है, जिससे मेडिकल कचरे के सही निस्तारण पर सवाल खड़े हो गए हैं। अखिलेश यादव ने अपने पोस्ट में तंज भरे अंदाज में लिखा कि इन्सिनेरेटर को देखकर ऐसा लगता है जैसे यह अब “आराम” पर चला गया है, क्योंकि इसकी हालत इतनी खराब हो चुकी है कि यह काम करने की स्थिति में नहीं बचा है। उन्होंने कहा कि यह स्थिति स्वास्थ्य विभाग की लापरवाही को साफ दिखाती है, जहां जरूरी व्यवस्था की अनदेखी की जा रही है। मेडिकल कचरे से संक्रमण का खतरा उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि अगर मेडिकल कचरे को सही तरीके से नष्ट नहीं किया गया तो यह गंभीर संक्रमण और प्रदूषण फैलाने का कारण बन सकता है। अस्पतालों से निकलने वाला कचरा पहले ही खतरनाक होता है, और अगर उसका सही ढंग से निस्तारण न हो तो यह आम लोगों की सेहत के लिए बड़ा खतरा बन सकता है। यूनिवर्सिटी प्रशासन से तत्काल कार्रवाई की मांग अखिलेश यादव ने इस पूरे मामले को बेहद गंभीर बताते हुए यूनिवर्सिटी प्रशासन और संबंधित विभागों से तुरंत कार्रवाई करने की मांग की है। उन्होंने कहा कि इस समस्या को सर्वोच्च प्राथमिकता पर हल किया जाना चाहिए, ताकि अस्पताल से निकलने वाला कचरा किसी बीमारी का कारण न बने और लोगों की सेहत सुरक्षित रह सके।
नीमच सिटी थाना क्षेत्र में बुधवार को मालखेड़ा फंटे और भेरू घाटी के बीच लूट और हमले की घटना सामने आई थी। इस मामले में पुलिस ने 48 घंटे के भीतर कार्रवाई करते हुए आरोपी को पकड़ लिया है। पुलिस ने उसके पास से लूटी गई 3 लाख 18 हजार रुपये की पूरी रकम भी बरामद कर ली है। पुराने साथी ने ही रची लूट की साजिश यह घटना तिरुपति ट्रेडर्स के कर्मचारी अकरम (28) के साथ हुई। अकरम पिछले 15 साल से दुकान पर काम कर रहा था। आरोपी राधेश्याम भील पहले उसी दुकान में काम करता था, इसलिए उसे अकरम के काम और उसके पास रहने वाली रकम की पूरी जानकारी थी। बहाने से बाइक पर बैठाकर ले गया पुलिस के मुताबिक, अकरम बुधवार को रतनगढ़-डीकेन इलाके से वसूली कर लौट रहा था। रास्ते में राधेश्याम मिला और नीमच छोड़ने के बहाने उसे अपनी बाइक पर बैठा लिया। इसके बाद वह उसे सुनसान जगह की ओर ले गया। चाकू और पत्थर से किया हमला मालखेड़ा रोड पर एक सुनसान प्लॉट के पास आरोपी ने बाइक रोकी और अचानक अकरम पर चाकू से हमला कर दिया। अकरम ने विरोध किया तो आरोपी ने पत्थर से उसके सिर पर वार किया। इसके बाद वह रुपयों से भरा बैग लेकर भाग गया। घायल का इलाज जारी गंभीर रूप से घायल अकरम को इलाज के लिए उदयपुर भेजा गया है, जहां उसका इलाज चल रहा है। एसपी अंकित जायसवाल के निर्देशन में सिटी थाना प्रभारी पुष्पा सिंह चौहान और साइबर टीम ने सीसीटीवी फुटेज और मुखबिरों की मदद से आरोपी को पकड़ लिया। आरोपी से रकम और बाइक जब्त पुलिस ने राधेश्याम उर्फ श्यामु (22), निवासी डूंगरपुर को गिरफ्तार किया है। उसके पास से 3 लाख 18 हजार रुपये नकद और वारदात में इस्तेमाल की गई बिना नंबर की बाइक जब्त की गई है। पुलिस ने व्यापारी महेश सिंहल की शिकायत पर मामला दर्ज किया है। आरोपी के खिलाफ संबंधित धाराओं में केस दर्ज कर उसे जेल भेजने की तैयारी की जा रही है।
तीन बार के ग्रैमी अवॉर्ड विजेता संगीतकार रिकी केज शनिवार को चूरू जिले के सुजानगढ़ स्थित तालछापर सेंचुरी घूमने के लिए पहुंचे। इस दौरान उन्होंने कहा कि मेरे पिता चूरू के रहने वाले थे। इस मिट्टी से मेरा जुड़ाव रहा है। रिकी केज शनिवार शाम 5:30 बजे अपनी टीम के साथ तालछापर सेंचुरी पहुंचे। यहां उन्होंने सेंचुरी विजिट करने के साथ फोटोग्राफी भी की। केज ने यहां काले हिरण, देसी विदेशी पक्षिय, रेप्टाइल्स और दुर्लभ वनस्पतियों के बारे में जानकारी ली। क्षेत्रीय वन अधिकारी एवं पक्षी विशेषज्ञ उमेश बागोतिया ने उन्हें अभयारण्य के जीवों के बारे में बताया। रिकी केज बोले-वन्य जीव हमारी प्रकृति का जरूरी हिस्सा इस दौरान केज ने कहा-वन्यजीव हमारी प्रकृति का जरूरी हिस्सा हैं। मैने जो भी संगीत बनाया, वह प्रकृति से प्रेरित था। मैं जहां भी जाता हूं, वहां की प्रकृति और वन्यजीवों से सीखता हूं। सभी को प्रकृति के संरक्षण के लिए प्रयास करने चाहिए। बता दें कि नागौर जिले के लाडनूं में जैन विश्व भारती के महाश्रमण स्पोर्ट्स ग्राउंड में रविवार को रिकी केज का कंसर्ट होगा। चूरू के रहने वाले थे रिकी केज के पिताबता दें कि रिकी केज के पिता राम ज्ञान चूरू जिले के मूल निवासी थे। रिकी केज को 2025 में पद्मश्री से भी सम्मानित किया गया था। उन्हें 2023 में संयुक्त राष्ट्र सद्भावना राजदूत भी बनाया गया। केज ने 13944 आदिवासी बच्चों द्वारा भारतीय राष्ट्रगान गायन की रिकॉर्डिंग का रिकॉर्ड भी बनाया है, जो गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड्स में दर्ज है। सिंगर श्रद्धा गणेश समेत कई लोग रहे मौजूदविजिट के दौरान एसीएफ क्रान्ति सिंह सहित स्टाफ ने रिकी केज का स्वागत किया। इस दौरान सिंगर श्रद्धा गणेश, राकेश कठोतिया, राज सुराना, अभय जैन सहित कई लोग मौजूद रहे। … यह खबर भी पढ़ें सचिन के कहने पर लेपर्ड सफारी करने जयपुर आए द्रविड़:झालाना रिजर्व में पत्नी विजेता के साथ ढाई घंटे जंगल में घूमे भारतीय क्रिकेट टीम के कोच राहुल द्रविड़ शनिवार सुबह जयपुर के झालाना लेपर्ड रिजर्व पहुंचे। यहां उन्होंने इंटरप्रिटेशन सेंटर देखने के साथ ही लेपर्ड सफारी का भी आनंद लिया। करीब ढाई घंटे की सफारी के दौरान द्रविड़ ने लेपर्ड राणा और फ्लोरा को देखा। (पढ़ें पूरी खबर)
हार्ट अटैक के मरीजों को समय पर उपचार उपलब्ध कराने के उद्देश्य से 27 व 28 मार्च 2026 को लाला लाजपत राय स्मारक मेडिकल कॉलेज, मेरठ में STEMI (ST-Elevation Myocardial Infarction) प्रोग्राम के अंतर्गत दो दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम का आयोजन मेडिकल कॉलेज के ऑडिटोरियम में किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता उत्तर प्रदेश की महानिदेशक चिकित्सा स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग, लखनऊ की डॉ. रंजना खरे ने की। इस दौरान अपर निदेशक एवं नोडल स्टेमी केयर कार्यक्रम डॉ. कमलेश यादव, मेरठ मंडल की अपर निदेशक डॉ. सीमा अग्रवाल, मंडलीय अपर निदेशक एवं प्रमुख अधीक्षक डॉ. सुधा सुमन, मेडिकल कॉलेज के प्रधानाचार्य डॉ. रमेश चंद्र गुप्ता, सीएमओ मेरठ डॉ. अशोक कटारिया और कार्डियोलॉजी विभागाध्यक्ष डॉ. धीरज कुमार सोनी प्रमुख रूप से मौजूद रहे। प्रशिक्षण कार्यक्रम का संचालन जनपद मेरठ की नोडल अधिकारी डॉ. पूजा शर्मा, डॉ. अन्तेश कुमार वर्मा और डॉ. रक्षित चौधरी ने किया। वहीं कार्डियोलॉजी विभाग के विशेषज्ञों—डॉ. राहुल गुप्ता, डॉ. सुमंग मोहन और डॉ. सायर अहमद—ने प्रतिभागियों को ईसीजी पढ़ने, सीपीआर देने, हार्ट अटैक के लक्षण पहचानने और तत्काल उपचार प्रदान करने का व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया। इस प्रशिक्षण में तीन मंडलों के 11 जनपदों से आए 184 प्रतिभागियों—चिकित्सकों, नर्सिंग स्टाफ और लैब तकनीशियनों—ने भाग लिया। विशेषज्ञों ने बताया कि STEMI प्रोग्राम का मुख्य उद्देश्य दूरस्थ क्षेत्रों तक हार्ट अटैक के मरीजों को “गोल्डन ऑवर” में उपचार उपलब्ध कराना है, ताकि मृत्यु दर को कम किया जा सके। कार्यक्रम के अंत में अधिकारियों ने उम्मीद जताई कि इस तरह के प्रशिक्षण से प्रदेश में हृदय रोगियों के उपचार की गुणवत्ता में सुधार होगा और समय पर चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने में मदद मिलेगी।
नूंह जिले के मरोड़ा गांव के पास शनिवार को एक सड़क हादसे में एक महिला की मौके पर ही मौत हो गई। इस दुर्घटना में उसका पति गंभीर रूप से घायल हो गया। बता दे कि तेज रफ्तार पिकअप वाहन ने सड़क किनारे खड़े दंपति को टक्कर मार दी थी। जानकारी के मुताबिक, निजामपुर निवासी उमर मोहम्मद अपनी पत्नी साहूनी के साथ नूंह बाजार जाने के लिए सड़क किनारे सवारी का इंतजार कर रहे थे। तभी तेज गति से आ रही एक पिकअप ने नियंत्रण खो दिया और दंपति को अपनी चपेट में ले लिया। पिकअप ड्राइवर वाहन छोड़कर मौके से फरार टक्कर इतनी भीषण थी कि साहूनी कई फीट दूर जा गिरीं और उनकी मौके पर ही मौत हो गई। उमर मोहम्मद को गंभीर चोटें आईं, जिन्हें स्थानीय लोगों ने तुरंत अस्पताल पहुंचाया। उनका इलाज चल रहा है। हादसे के बाद पिकअप ड्राइवर वाहन छोड़कर मौके से फरार हो गया। हादसे की जांच में जुटी पुलिस सूचना मिलने पर पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची और स्थिति का जायजा लिया। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। अज्ञात ड्राइवर के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया गया है और उसकी तलाश जारी है। स्थानीय लोगों ने प्रशासन से तेज रफ्तार और लापरवाही से वाहन चलाने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है, ताकि भविष्य में ऐसे हादसों को रोका जा सके।
दमोह की तेंदूखेड़ा पुलिस ने जनपद कार्यालय में पदस्थ कंप्यूटर ऑपरेटर के घर हुई चोरी का खुलासा कर दिया है। पुलिस ने इस मामले में एक आरोपी को गिरफ्तार किया है, जिसके पास से चोरी किए गए सोने-चांदी के जेवरात भी बरामद किए गए हैं। सूने मकान में चोरों ने की थी चोरी तेंदूखेड़ा टीआई रविंद्र बागरी ने बताया कि जनपद कार्यालय में पदस्थ कंप्यूटर ऑपरेटर अभिषेक उपाध्याय ने अपने घर में हुई चोरी की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। उन्होंने बताया था कि वह 19 से 22 मार्च तक छुट्टियों में दमोह स्थित अपने घर गए थे। सोने-चांदी के जेवर और नगदी हुई थी गायब 23 मार्च को जब अभिषेक उपाध्याय वापस लौटे, तो उनके घर के दरवाजे का ताला टूटा हुआ था। घर की तलाशी लेने पर गोदरेज में रखे सोने-चांदी के जेवर और नगद रुपए गायब मिले। पीड़ित की शिकायत पर पुलिस ने चोरी का मामला दर्ज कर जांच शुरू की। एसपी श्रुतकीर्ति सोमवंशी के निर्देशन में एक टीम गठित की गई, जिसने आरोपी की तलाश शुरू की। खोजबीन के दौरान, पुलिस को जेल से छूटे रामकुमार उर्फ कुल्ला रैकवार निवासी वार्ड क्रमांक नौ पर संदेह हुआ। आरोपी की निशानदेही पर चोरी का समान मिला रामकुमार को पूछताछ के लिए थाने बुलाया गया, जहां उसने चोरी की घटना कबूल कर ली। शनिवार को आरोपी की निशानदेही पर सोने का एक रानीहार, दो चेन वाले मंगलसूत्र, पांच जोड़ी कान के टॉप्स, एक जोड़ी झुमका, चार अंगूठी और चांदी की पांच जोड़ी पायलें बरामद की गईं। बरामद जेवरात की कीमत करीब छह लाख रुपये बताई जा रही है।
राधा गोविन्द शयन आरती परिकर द्वारा आयोजित मासिक 56 भोग कीर्तन श्रृंखला के तहत इस बार “राम जन्म महोत्सव” बड़े ही धूमधाम और भक्ति भाव के साथ मनाया गया। इस अवसर पर विशेष रूप से टॉफी मनोरथ का भोग लगाया गया, जिसने उत्सव को खास बना दिया। कार्यक्रम में दिल्ली से आए रसिक नितिन कथूरिया एवं रसिक निकुंज देव ने अपने भावपूर्ण पदों और भजनों से पूरे वातावरण को भक्तिमय कर दिया। उन्होंने “आज जन्मे हैं राम रघुराइयाँ” और “प्रगटे हैं चारों भइया अवध बजे बधाइयाँ” जैसे भजनों की प्रस्तुति देकर उपस्थित श्रद्धालुओं को भाव-विभोर कर दिया। भजनों की मधुर प्रस्तुति से पूरा उत्सव परिसर आनंदमय हो उठा और भक्तजन भक्ति रस में सराबोर नजर आए। कार्यक्रम के समापन पर सभी श्रद्धालुओं को टॉफी का प्रसाद वितरित किया गया। परिकर द्वारा हर माह प्रभु की कृपा से इस प्रकार के मासिक कीर्तन का आयोजन किया जाता है, जिसमें ऋतु के अनुसार प्रभु के बंगले का विशेष श्रृंगार और 56 भोग का मनोरथ लगाया जाता है। साथ ही वृंदावन और आसपास के क्षेत्रों से रसिक जनों को भजन गायन के लिए आमंत्रित किया जाता है। इस आयोजन को सफल बनाने में दीपक अग्रवाल, अतुल गर्ग, नितिन गुप्ता, अभिषेक मित्तल, सचिन गुप्ता, हिमांशु शर्मा, राजू भैया, मयंक महेश्वरी, अमित अग्रवाल सहित राधा गोविन्द शयन आरती परिकर के सभी सदस्यों का विशेष सहयोग रहा।
छतरपुर में रामनवमी के अवसर पर यातायात व्यवस्था के दौरान एक महंत और पुलिसकर्मी के बीच विवाद हो गया। संकट मोचन मंदिर के महंत राजीव लोचन दास ने सिविल लाइन थाने के सहायक उपनिरीक्षक (ASI) पर अभद्रता और जातिसूचक शब्द कहने का आरोप लगाया है। इस घटना से जुड़े वीडियो शनिवार को सामने आए हैं। रामनवमी कार्यक्रम के कारण शहर में यातायात मार्ग बदला गया था। महंत राजीव लोचन दास एक कार्यक्रम में जा रहे थे, तभी पन्ना नाका के पास ASI ने उन्हें आगे बढ़ने से रोक दिया। पुलिसकर्मी द्वारा ड्यूटी के तहत रोके जाने पर महंत नाराज हो गए और दोनों के बीच बहस शुरू हो गई। महंत राजीव लोचन दास का आरोप है कि ASI ने उनके साथ अभद्र भाषा का प्रयोग किया और उन्हें अपमानित किया। उन्होंने इस संबंध में प्रशासन से सख्त कार्रवाई की मांग की। एक अन्य वीडियो में महंत पुलिसकर्मी को नौकरी से हटवाने की बात कहते भी दिख रहे हैं। एसपी बोले- जांच करवाई जा रही हालांकि, वायरल हुए वीडियो में पुलिसकर्मी महंत को केवल इशारा कर आगे जाने के लिए कहते हुए दिखाई दे रहा है। कथित अभद्र भाषा या जातिसूचक टिप्पणी का कोई स्पष्ट वीडियो अभी तक सामने नहीं आया है। मामले की सच्चाई पुलिस जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी। इस प्रकरण पर पुलिस अधीक्षक अगम जैन ने बताया कि वीडियो उनके संज्ञान में आया है और पूरे मामले की जांच कराई जा रही है।
टीकमगढ़ जिला कोर्ट ने शनिवार को एक बहुचर्चित हत्या मामले में फैसला सुनाया। कोर्ट ने सभी 18 आरोपियों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई और उन पर आर्थिक दंड भी लगाया। सभी दोषियों को जेल भेज दिया गया है। कुल्हाड़ी और तलवार से 18 लोगों ने किया था हमला अभियोजन पक्ष के अधिवक्ता संजय शर्मा ने बताया कि यह घटना 11 दिसंबर 2016 को खरगापुर नगर में हुई थी। उस दिन 33 साल अब्दुल कादिर उर्फ कद्दू पर 18 लोगों ने जानलेवा हमला किया था। हमलावरों ने कुल्हाड़ी और तलवार जैसे धारदार हथियारों का इस्तेमाल किया, जिससे अब्दुल कादिर की मौके पर ही मौत हो गई। इस हमले में 11 अन्य लोग गंभीर रूप से घायल हुए थे। कोर्ट ने सुनाई आजीवन कारावास की सजा मामले की सुनवाई के दौरान, न्यायालय ने प्रस्तुत साक्ष्यों और गवाहों के बयानों पर विचार किया। इन्हीं के आधार पर सभी आरोपियों को दोषी ठहराया गया। मुख्य आरोपी असलम सहित सभी 18 दोषियों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई गई है। न्यायालय ने जिन आरोपियों को उम्रकैद की सजा सुनाई है, उनमें पीर मुहम्मद, जिलानी रंगरेज, भूरे रंगरेज, चेनू रंगरेज अहमद मऊवाले, अब्बास मऊबाले, सुवराती चौधरी, लल्ला चौधरी, हब्बी चौधरी, निशार मुसलमान, अहमद पठान, हैदर मुसलमान, रमजे मुसलमान, मुराद मुसलमान, गब्बर मुसलमान, इदरीश पठान, रिजवान मुसलमान और असलम मुसलमान शामिल हैं। न्यायालय के इस फैसले पर मृतक अब्दुल कादिर के परिजनों ने संतोष व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि लगभग 8 साल बाद उनके परिवार को आखिरकार न्याय मिल गया है।
राजधानी रायपुर में ‘सहेली ज्वेलर्स’ के मालिकों और कर्मचारियों ने मिलकर अपने ही एक कर्मचारी (20 साल) को ऑफिस की तीसरी मंजिल पर बंधक बनाकर बेरहमी से पीटा। पीड़ित का आरोप है कि उसे नंगा कर 8 घंटे तक टॉर्चर किया गया और अधमरा होने पर उसकी मां से जेवर वसूलकर उसे छोड़ा गया। पीड़ित ने इस मामले की शिकायत थाने में की है। पुलिस के अनुसार, पीड़ित का नाम आर्यन शर्मा है। एक दिन पहले सहेली ज्वेलर्स ने भी युवक पर 6.50 लाख रुपए के हीरे और गहने चोरी करने का आरोप लगाते हुए केस दर्ज किया है। यह मामला कोतवाली थाने के सदर बाजार इलाके का है। अब जानिए पूरा मामला कोतवाली थाने में दर्ज एफआईआर के अनुसार, आर्यन शर्मा (20) पिछले 5 महीने से सहेली ज्वेलर्स में हेल्पर का काम करता था। आर्यन ने पुलिस को शिकायत में बताया कि 23 मार्च की दोपहर करीब 1 बजे शोरूम के मालिक सुनील जैन, सुमीत जैन और उनके गार्ड सहित करीब 10 कर्मचारियों ने उसे तीसरी मंजिल के एक कमरे में बुलाया। हाथ-पैर रस्सी से बांधा, मुंह में मिर्ची ठूंसी वहां पहुंचते ही आरोपियों ने उसके हाथ-पैर रस्सी से बांध दिए और मुंह में कपड़ा ठूंस दिया। आर्यन के मुताबिक, आरोपियों ने उसके सारे कपड़े उतार दिए और लात-घूंसों, लोहे की रॉड, कुर्सी और डंडों से पीटना शुरू किया। इस दौरान उसके मुंह में लगातार मिर्ची ठूंसी गई ताकि वह चिल्ला न सके। आरोपियों ने उसका सिर बार-बार दीवार पर पटका, जिससे दांत टूट गए और सिर पर गंभीर चोटें आईं। इस तरह उसके साथ बर्बर पिटाई दोपहर 1 बजे से रात तक चलती रही मां के जेवर छीनने के बाद मिली आजादी पीड़ित ने बताया कि रात करीब 12 बजे जब उसके माता-पिता शोरूम पहुंचे, तो उन्हें बेटे से मिलने नहीं दिया गया। आरोपियों ने शर्त रखी कि जब तक घर के जेवर लाकर नहीं दोगे, तब तक आर्यन को नहीं छोड़ेंगे। डर के मारे मां ने अपने घर के गहने आरोपियों के हवाले कर दिए, तब जाकर रात 1 बजे आर्यन को लहूलुहान हालत में छोड़ा गया। युवक की शिकायत पर पुलिस ने इन लोगों को बनाया आरोपी सुनील जैन, सुमीत जैन, सिक्योरिटी गार्ड इंचार्ज, आरती पटेल, राकेश कुमार तिवारी, विरेंद्र, प्रतिभा, कीर्ति, श्रेयांश, पारितोष समेत रसेाईयां के खिलाफ नामजद शिकायत पीड़ित ने पुलिस में की है। पुलिस ने दर्ज किया केस कोतवाली पुलिस ने पीड़ित की शिकायत पर सराफा कारोबारी सहित 10 कर्मचारियों पर केस दर्ज किया है। मामले में जांच की जा रही है। युवक के खिलाफ भी एफआईआर दर्ज वहीं, सहेली प्रबंधन की शिकायत पर कोतवाली पुलिस ने युवक के खिलाफ भी केस दर्ज किया है। युवक पर 6.50 लाख रुपए के हीरे और गहने चोरी करने का आरोप है। यह शिकायत सहेली ज्वेलर्स की तरफ से राकेश कुमार तिवारी ने कोतवाली थाने में दी थी और पुलिस मामले की जांच कर रही है।
गोरखपुर पहुंचे पवन सिंह और अदिवि शेष:आज रात रिलीज होगा ‘टचबडी’ सांग, बोले- खुद को पूरी तरह झोंक दिया
गोरखपुर में पैन इंडिया फिल्म ‘डकैत एक प्रेम कथा’ के बहुप्रतीक्षित गाने ‘टचबडी’ को लेकर प्रेस कॉन्फ्रेंस आयोजित की गई। इसमें भोजपुरी स्टार पवन सिंह और फिल्म के मुख्य कलाकार अदिवि शेष मौजूद रहे। दोनों सितारों ने गाने से जुड़ी कई अहम बातें साझा कीं और बताया कि यह गाना शनिवार रात में रिलीज किया जाएगा। कार्यक्रम के दौरान माहौल पूरी तरह फिल्मी रंग में नजर आया और गाने को लेकर उत्सुकता साफ दिखी। दो भाषाओं में तैयार हुआ गानाप्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया गया कि ‘टचबडी’ गाने को हिंदी और तेलुगु दोनों भाषाओं में तैयार किया गया है, जिससे यह देशभर के दर्शकों तक पहुंचे। गाने में जॉनिता गांधी की आवाज भी शामिल है, जिसने इसे और खास बना दिया है। टीम का कहना है कि गाने को बड़े स्तर पर पेश करने की तैयारी की गई है। पवन सिंह बोले- इस बार खुद को पूरी तरह झोंक दियापवन सिंह ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा कि ‘टचबडी’ उनके लिए एक सामान्य गाना नहीं है, बल्कि यह उनके करियर का एक अलग अनुभव है। मैं हर बार नया करने की कोशिश करता हूं, लेकिन इस बार मैंने खुद को पूरी तरह इस गाने में झोंक दिया है। इसमें जो ऊर्जा, जो पावर और जो अंदाज है, वह दर्शकों को सीधे महसूस होगा।” उन्होंने आगे कहा, “यह गाना सिर्फ सुनने के लिए नहीं, बल्कि देखने और महसूस करने के लिए बनाया गया है। जब लोग इसे देखेंगे, तो उन्हें लगेगा कि इसमें दिल से मेहनत की गई है।” पवन सिंह ने यह भी कहा कि अदिवि शेष और जॉनिता गांधी के साथ काम करना उनके लिए खास रहा। “इतने बड़े कलाकारों के साथ काम करना गर्व की बात है और इससे मुझे बहुत कुछ सीखने को मिला,” उन्होंने कहा। अदिवि शेष बोले- ‘टचबडी’ फिल्म की आत्मा हैअदिवि शेष ने अपने अंदाज में गाने को लेकर बड़ी बातें कहीं। उन्होंने कहा कि ‘टचबडी’ सिर्फ एक गाना नहीं, बल्कि पूरी फिल्म की पहचान और उसकी आत्मा है। उन्होंने कहा, “जब हमने इस गाने के बारे में सोचा, तभी तय कर लिया था कि इसे सामान्य नहीं रहने देंगे। हम चाहते थे कि यह गाना फिल्म की पूरी ऊर्जा, उसका दर्द, उसका जोश सब कुछ एक साथ दिखाए।” अदिवि शेष ने आगे कहा, “इस गाने में जो पावर है, वह सीधे दर्शकों तक जाएगी। पवन सिंह की आवाज ने इसमें जान डाल दी है। जब उन्होंने गाया, तो हमें लगा कि अब यह गाना और भी बड़ा हो गया है।उन्होंने जॉनिता गांधी की तारीफ करते हुए कहा, “उनकी आवाज ने गाने में संतुलन और मिठास दी है। एक तरफ पावर है, तो दूसरी तरफ भावनाएं—यही इस गाने की खासियत है।” उन्होंने यह भी कहा कि गाने की शूटिंग और प्रस्तुति पर काफी मेहनत की गई है। हमने हर सीन को इस तरह तैयार किया है कि दर्शकों को कुछ नया और बड़ा देखने को मिले। यह गाना फिल्म देखने की उत्सुकता को और बढ़ाएगा,” उन्होंने कहा। डांस, स्टाइल और परफॉर्मेंस बनेगा बड़ा आकर्षणप्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया गया कि गाने में पवन सिंह, अदिवि शेष और जॉनिता गांधी की परफॉर्मेंस, डांस और स्क्रीन प्रेजेंस इसे खास बनाएंगे। टीम को उम्मीद है कि यह गाना इस सीजन का बड़ा डांस एंथम बन सकता है। गाने के बोल वायु श्रीवास्तव ने लिखे हैं और संगीत भीम्स सेसिरोलियो ने दिया है। 10 अप्रैल को रिलीज होगी फिल्मइस मौके पर यह भी सामने आया कि पैन इंडिया फिल्म में पवन सिंह की मौजूदगी भोजपुरी कलाकारों के लिए बड़ा मौका है। इससे उनकी पहचान अब क्षेत्रीय स्तर से आगे बढ़कर देशभर में मजबूत हो रही है। फिल्म ‘डकैत: एक प्रेम कथा’ का निर्देशन शनील देव ने किया है। फिल्म अन्नपूर्णा स्टूडियो के बैनर तले बनाई गई है। यह फिल्म 10 अप्रैल 2026 को देशभर के सिनेमाघरों में रिलीज होगी। गाने की रिलीज से पहले हुई इस प्रेस कॉन्फ्रेंस ने माहौल को पूरी तरह तैयार कर दिया है और अब दर्शकों को रात में ‘टचबडी’ के रिलीज होने का बेसब्री से इंतजार है। फिल्म और गाने के बारे में आपको बता दें कि डकैत एक प्रेम कथा’ एक फिल्म है, जिसमें अदिवि शेष, मृणाल ठाकुर और अनुराग कश्यप मुख्य भूमिका में नजर आएंगे। इसी फिल्म का गाना “टच बडी” पवन सिंह और जोनिता गांधी ने गाया है, जो अब लॉन्च किया जा रहा है।
जोधपुर रेलवे स्टेशन पर बैटरी से चलने वाले ई-रिक्शा चालकों की मनमानी का मामला सामने आया है। एक रिक्शा चालक ने महिला यात्री से निर्धारित शुल्क 30 रुपए से कई गुना ज्यादा पैसे मांगे। रिक्शे वाले ने महिला से 150 रुपए मांग लिए, जिसका महिला ने वीडियो बना लिया और सोशल मीडिया पर अपलोड कर दिया। वीडियो वायरल होने के बाद रेलवे प्रशासन ने तत्काल कार्रवाई की है। डीआरएम जोधपुर ने आरोपी चालक को तत्काल प्रभाव से वहां से हटाने के साथ ही ऑपरेटर ठेकेदार पर भारी जुर्माना भी लगाया है। तीन बैग के नाम पर मांगे 150 रुपए जानकारी के अनुसार, आबूरोड से वंदे भारत एक्सप्रेस ट्रेन के जरिए बीती रात(शुक्रवार) जोधपुर पहुंची एक महिला यात्री ने स्टेशन पर मौजूद बैटरी चालित ई-रिक्शा लिया। रिक्शे पर स्पष्ट रूप से 25 से 30 रुपए प्रति यात्री का निर्धारित रेट बोर्ड लगा हुआ था। आरोप है कि जब महिला ने रिक्शा लिया तो चालक ने उससे 150 रुपए की मांग की। जब महिला ने निर्धारित रेट का हवाला दिया, तो चालक ने तर्क दिया कि एक बैग के साथ ही 30 रुपए लगते हैं, आपके पास तीन बैग है इसलिए 150 रुपए देने होंगे। महिला ने बनाया वीडियो, आमजन से की अपील इस मनमानी वसूली पर महिला ने चालक से बहस करते हुए उसका वीडियो बनाना शुरू कर दिया। वीडियो में महिला रेट लिस्ट दिखाते हुए पूछती है कि जब किराया 30 रुपए है और मैं एक बैग अपनी गोद में रख रही हूं तो 150 रुपए किस बात के मांगे जा रहे हैं। महिला ने वीडियो में आम जनता से अपील की कि रेलवे स्टेशन पर मौजूद ये इलेक्ट्रिक गाड़ियां रेलवे की सुविधा है, किसी की प्राइवेट टैक्सी नहीं। उन्होंने यात्रियों से ऐसे फ्रॉड से बचने और रेलवे को टैग कर शिकायत करने की भी अपील की। DRM ने लिया एक्शन, ऑपरेटर पर भारी जुर्माना महिला ने यह वीडियो सोशल मीडिया पर अपलोड कर रेलवे प्रशासन से शिकायत की थी। इस पर संज्ञान लेते हुए जोधपुर डीआरएम अनुराग त्रिपाठी के निर्देश पर तुरंत एक्शन भी लिया गया। डीआरएम जोधपुर के आधिकारिक एक्स हैंडल से शनिवार को इस बारे में जवाब दिया गया। इसमें रेलवे ने बताया कि शिकायत की जांच में बैटरी चालित कैब (BOV) चालक को अधिक वसूली करने पर उसे तत्काल प्रभाव से उस चालक को काम से हटा दिया है। साथ ही BOV ऑपरेटर पर भारी जुर्माना भी लगाया है। रेलवे ने महिला यात्री को हुई असुविधा के लिए खेद भी जताया है।
इकाना क्रिकेट स्टेडियम में होने वाले मैचों के लिए ऑनलाइन बुकिंग के साथ ही अब फैंस ऑफलाइन काउंटर से भी टिकट खरीद सकते हैं। लखनऊ सुपर जायंट्स प्रबंधन ने लोगों की सुविधा के लिए शहर में दो स्थानों हजरतगंज मेट्रो स्टेशन और प्लासियो मॉल में बॉक्स ऑफिस शुरू किए हैं, जहां सुबह 11 बजे से शाम 6 बजे तक क्रिकेट प्रेमी टिकट खरीद सकते हैं। एलएसजी ने पहली बार एम टिकट की सुविधा शुरू की है, जिसे क्रिकेट प्रेमी बुक माई शो एप से बुक कर सकते हैं। एम टिकट पर मौजूद क्यूआर को स्टेडियम के गेट पर स्कैन कराकर लोग जल्दी से प्रवेश पा सकेंगे। खुद न आने पर अपने करीबी को ट्रांसफर कर सकेंगे एम टिकट टीम प्रबंधन ने बताया कि एम टिकट ऑनलाइन बुक किए जा सकते हैं, जिससे दर्शकों को काउंटर पर लाइन में खड़े नहीं रहना पड़ेगा। किसी कारणवश अगर व्यक्ति खुद मैच देखने नहीं आ सकते तो वह एम टिकट को मैच शुरू होने से 3 घंटे पहले तक अपने किसी करीबी को ट्रांसफर भी कर सकते हैं। इसके लिए एम टिकट में क्यूआर के नीचे टिकट ट्रांसफर का ऑप्शन दिया जाएगा। जिस पर क्लिक करने पर कॉन्टैक्ट लिस्ट ओपन होगी और किसी एक कॉन्टैक्ट पर टिकट भेज सकेंगे। सामने वाला व्यक्ति जब बुक माई शो से आए मैसेज को ओपन करके रिक्वेस्ट स्वीकार करेगा तो उसे अपने मोबाइल पर एम टिकट दिखने लगेगा। एक बार टिकट ट्रांसफर करने पर पहले व्यक्ति के मोबाइल पर एम टिकट दिखना बंद हो जाएगा। एक टिकट अधिकतम पांच बार ट्रांसफर हो सकेगा। 2 साल के बच्चों का नहीं लगेगा टिकट दो साल के बच्चों का मैच के दौरान टिकट नहीं लगेगा। मैच वाले दिन स्टेडियम के सभी गेट पर महिलाओं, बुजुर्गों और बच्चों के लिए अलग लाइन की व्यवस्था होगी। लखनऊ में पहला मैच 1 अप्रैल को दिल्ली कैपिटल्स के खिलाफ खेलते हुए लखनऊ सुपर जॉयंट्स टूर्नामेंट की शुरूआत करेगी।
पीएम कुसुम योजना से जुड़े प्रोजेक्ट्स को लेकर केंद्र सरकार ने बड़ी राहत दी है। अलग-अलग राज्यों और कंपनियों ने बताया था कि मौजूदा डेडलाइन 31 मार्च 2026 होने की वजह से बैंक और फाइनेंशियल संस्थान लोन देने में दिक्कत कर रहे हैं। इससे प्रोजेक्ट्स समय पर पूरे करना मुश्किल हो रहा था। इसी को देखते हुए नवीन और नवीकरणीय ऊर्जा मंत्रालय (MNRE) ने टाइमलाइन बढ़ाने का फैसला लिया है और राज्यों से कहा है कि वे बैंकों के साथ कोऑर्डिनेशन करें, ताकि प्रोजेक्ट्स की फंडिंग में परेशानी न आए। किन प्रोजेक्ट्स को मिलेगा फायदा मंत्रालय के आदेश के अनुसार जिन प्रोजेक्ट्स के लिए पावर परचेज एग्रीमेंट (PPA) साइन हो चुका है या नोटिस टू प्रोसीड (NTP) 31 दिसंबर 2025 तक जारी हो चुका है, उन्हें पूरा करने के लिए अब 31 मार्च 2027 तक का समय दिया गया है। यानी ऐसे प्रोजेक्ट्स को करीब 1 साल का एक्स्ट्रा समय मिल गया है। नई योजना पीएम कुसुम 2.0 में होंगे शामिल इस मामले को खर्च विभाग (DoE) के साथ भी उठाया गया। विभाग ने बताया कि पीएम कुसुम की मौजूदा जिम्मेदारियां आगे आने वाली नई योजना पीएम कुसुम 2.0 में शामिल की जाएंगी। अभी यह नई योजना प्रस्ताव के स्तर पर है। मंत्रालय ने साफ कहा है कि राज्य बैंक और फाइनेंशियल संस्थानों के संपर्क में रहें और प्रोजेक्ट्स का फाइनेंशियल क्लोजर समय पर करवाएं। मतलब यह कि 31 मार्च 2026 के बाद भी प्रोजेक्ट्स के लिए पैसा मिलने में रुकावट नहीं आनी चाहिए। यह आदेश 28 मार्च 2026 को जारी किया गया है और सभी राज्यों की एजेंसियों को भेज दिया गया है, ताकि प्रोजेक्ट्स का काम बिना रुके जारी रह सके। राजस्थान के हजारों किसानों को मिलेगा फायदा राजस्थान सोलर एसोसिएशन के सीईओ नीतिन अग्रवाल ने बताया- इस मामले को लेकर काफी समय से हम मंत्रालय से बातचीत कर रहे थे। हजारों किसानों के प्रोजेक्ट्स अधूरे थे। ऐसे में एक साल एक्सटेंशन मिलने से पीएम कुसुम योजना लाभार्थी किसानो कोाे इसका फायदा मिलेगा
बिना तलाक शादीशुदा लिव-इन में नहीं रह सकता:हाईकोर्ट ने कहा- किसी तीसरे के साथ रहने के लिए तलाक जरूरी
इलाहाबाद हाईकोर्ट के एकल बेंच ने कहा- कोई व्यक्ति जो पहले से विवाहित है और जिसका जीवनसाथी जीवित है, वह बिना से तलाक लिए किसी तीसरे व्यक्ति के साथ लिव-इन रिलेशनशिप में कानूनी रूप से नहीं रह सकता। जस्टिस विवेक कुमार सिंह की कोर्ट ने यह टिप्पणी उस रिट याचिका को खारिज करते हुए की, जो एक ऐसे जोड़े द्वारा दायर की गई थी (दोनों अलग-अलग लोगों से विवाहित थे), जिसमें उन्होंने शांतिपूर्ण जीवन में हस्तक्षेप न करने और सुरक्षा प्रदान करने के लिए निर्देश की कोर्ट से मांग की थी। पति-पत्नी की तरह साथ, खतरा बतायाकोर्ट ने कहा याची को अपनी सुरक्षा के लिए आदेश जारी करने की मांग करने का अधिकार नहीं है, क्योंकि शादीशुदा को दूसरे के साथ लिव-इन रिलेशनशिप में रहने की कानूनी अनुमति नहीं है। कोर्ट ने कहा याचिकाकर्ताओं को सुरक्षा प्रदान नहीं की जा सकती, जो लिव-इन रिलेशनशिप में होने का दावा करते हैं। ऐसा न तो भारत के संविधान के अनुच्छेद 226 के तहत प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए किया जा सकता है। हालांकि, राज्य ने इस याचिका का विरोध करते हुए तर्क दिया कि दोनों याचिकाकर्ता पहले से विवाहित हैं और उन्होंने कोर्ट से तलाक नहीं लिया है, इसलिए यह अवैध है। मामले के तथ्यों को ध्यान में रखते हुए, अदालत ने प्रारंभ में कहा कि विवाह या लिव-इन रिलेशनशिप में दो सहमति देने वाले वयस्क व्यक्तियों का होना आवश्यक है, और इसमें गोत्र, जाति और धर्म की अवधारणाएं पीछे छूट जाती हैं। जीवनसाथी को साथी के साथ रहने का वैधानिक अधिकारजस्टिस सिंह ने कहा- स्वतंत्रता का अधिकार या व्यक्तिगत स्वतंत्रता का अधिकार पूर्ण नहीं है और एक व्यक्ति की स्वतंत्रता वहीं समाप्त हो जाती है, जहां दूसरे व्यक्ति का वैधानिक अधिकार शुरू होता है। एकल न्यायाधीश ने कहा- जीवनसाथी को अपने साथी के साथ रहने का वैधानिक अधिकार होता है और इस अधिकार को व्यक्तिगत स्वतंत्रता के नाम पर छीना नहीं जा सकता। हाईकोर्ट ने यह भी जोड़ा कि एक व्यक्ति की स्वतंत्रता दूसरे व्यक्ति के कानूनी अधिकार पर अतिक्रमण नहीं कर सकती। बिना तलाक के लिव इन में नहीं रह सकतेअदालत ने आगे कहा, “यदि याचिकाकर्ता पहले से विवाहित हैं और उनके जीवनसाथी जीवित हैं, तो वे बिना पूर्व जीवनसाथी से तलाक लिए किसी तीसरे व्यक्ति के साथ लिव-इन रिलेशनशिप में कानूनी रूप से नहीं रह सकते। उन्हें विवाह करने या लिव-इन संबंध में प्रवेश करने से पहले सक्षम न्यायालय से तलाक की डिक्री प्राप्त करनी होगी।” अदालत ने माना कि इस मामले में याचिकाकर्ताओं के पास संरक्षण मांगने का कोई कानूनी अधिकार नहीं है, क्योंकि मांगी गई सुरक्षा भारतीय दंड संहिता की धारा 494/495 के तहत संभावित अपराध के संरक्षण के समान हो सकती है। अदालत ने कहा, “यह स्थापित विधि है कि मैंडमस का रिट कानून के खिलाफ या किसी वैधानिक प्रावधान, जिसमें दंडात्मक प्रावधान भी शामिल हैं को विफल करने के लिए जारी नहीं किया जा सकता। न्यायालय ने कहा- बिना तलाक लिए लिव-इन संबंध में रह रहे याचिकाकर्ताओं को संरक्षण देने के लिए कोई रिट, आदेश या निर्देश जारी नहीं किया जा सकता।” इस प्रकार, अदालत ने रिट जारी करने से इनकार करते हुए याचिका का निस्तारण कर दिया। यह कहा कि यदि याचिकाकर्ताओं के साथ हिंसा होती है, तो वे विस्तृत आवेदन के साथ पुलिस अधीक्षक के पास जा सकते हैं। सिंगल बेंच के बाद डबल बेंच का फैसला अलगबता दें कि सिंगल जज के आदेश के बाद, इसी हाईकोर्ट की डिवीजन बेंच जस्टिस जे जे मुनीर और जस्टिस तरून सक्सेना ने एक अलग मामले में यह कहा था कि यदि कोई विवाहित पुरुष किसी महिला के साथ उसकी सहमति से लिव-इन रिलेशनशिप में रहता है, तो यह अपने आप में कोई अपराध नहीं है। डिवीजन बेंच ने यह भी कहा कि नैतिकता और कानून को अलग रखा जाना चाहिए। सामाजिक या नैतिक विचार अदालत के निर्णयों को प्रभावित नहीं कर सकते। ---------------- ये खबर भी पढ़ें… इलाहाबाद हाईकोर्ट बोला-शादीशुदा पुरुष का लिव-इन में रहना अपराध नहीं:फैसले नैतिकता से नहीं, कानून से होते हैं; कपल की गिरफ्तारी पर रोक इलाहाबाद हाईकोर्ट ने कहा कि शादीशुदा पुरुष का किसी बालिग महिला के साथ सहमति से लिव-इन में रहना अपराध नहीं है। जस्टिस जेजे मुनीर और जस्टिस तरुण सक्सेना की बेंच ने कहा कि नैतिकता और कानून दोनों अलग-अलग हैं। फैसले नैतिकता से नहीं, कानून से होते हैं। पढ़ें पूरी खबर…
सरगुजा में महिला शिक्षिका को अश्लील फोटो देखने के आरोप में गिरफ्तार करने की धमकी देकर ठगों ने चार लाख 50 हजार रुपये की ठगी कर दी। युवकों ने स्वयं को क्राइम ब्रांच रायपुर का अधिकारी बताकर फोन किया था। ठगों ने यूपीआई के माध्यम से रुपये जमा करा लिया। शिक्षिका की रिपोर्ट पर पुलिस ने अज्ञात ठगों के खिलाफ FIR दर्ज किया है। जानकारी के मुताबिक, मिडिल स्कूल कतकालो में पदस्थ टीचर मंजुलिना 19 मार्च 2026 को स्कूूल से पांचवीं की बोर्ड परीक्षा संपन्न कराने के बाद घर पहुंची थी। उनके फोन पर अज्ञात युवक ने फोन किया और स्वयं को क्राइम ब्रांच रायपुर में पोस्टेड होना बताकर कहा कि आप गुगल से अश्लील फोटो देखती हो जो कि दंडनीय अपराध है। आपको तुरंत गिरफतार किया जाएगा। यह सुनकर टीचर मंजुलिना सहम गई। युवकों ने कहा कि यदि गिरफ्तारी से बचना है तो पैसे ट्रांसफर करो। युवकों ने कहा कि यह सिक्योरिटी मनी है, जो जांच के बाद वापस कर दी जाएगी। यूपीआई से जमा कराए रूपये ठगों की धमकी दे सहमी शिक्षिका ने 19 मार्च को यूपीआई से किश्तों में एक लाख रुपये, 20 मार्च को 90 हजार रुपये, 21 मार्च को 40 हजार रुपये, 22 मार्च को 45 हजार रुपये, 24 मार्च को 65 हजार रुपये एवं 25 मार्च को 50 हजार रुपये ठगों द्वारा बताए गए दो यूपीआई नंबरों में भेजा गया। शिक्षिका के पति ने इसमें से कुछ रुपये च्वाइस सेंटर से ट्रांसफर किए। 25 मार्च को युवकों ने फोन कर कहा कि तीन दिन बाद पैसा वापस हो जाएगा। यदि किसी को जानकारी दी तो आपको गिरफतार करके हाथ-पैर की अंगुलिया काट दी जाएगी। शिक्षिका ने इस संबंध में अपने सहयोगी शिक्षिकाओं से चर्चा की तो उन्हें पता चला कि वे ठगी का शिकार हो गई हैं। मामले में पुलिस ने शिक्षिका की रिपोर्ट पर पुलिस ने मोबाइल नंबर 9232064586, 7389725928 एवं 6268367588 के धारकों के खिलाफ धारा 318(4) के तहत एफआईआर दर्ज की है।
BSF जवान की हत्या, घर में घुसकर मारी गोली:मेरठ में गांव के युवक से झगड़ा हुआ, फिर घर आकर सो गए
मेरठ में BSF जवान की गोली मारकर हत्या कर दी गई। हमलावर ने घर में घुसकर वारदात को अंजाम दिया और फरार हो गया। जवान बीएसएफ में कांस्टेबल के पद पर तैनात थे। 6 मार्च को छुट्टी पर घर आए थे। बताया जा रहा है कि गांव के ही एक युवक से पुरानी रंजिश चल रही थी। उसी को लेकर 3 दिन पहले और आज विवाद हुआ था। इसके बाद जवान घर आकर सो गए थे। इसके बाद हमलावर ने घर में घुसकर गोली मार दी। जवान ने मौके पर ही दम तोड़ दिया। गोली की आवाज सुनकर आसपास के लोग पहुंचे। सूचना पर पुलिस और फोरेंसिक टीम भी पहुंची, वहां से सबूत जुटाए। घटना शनिवार देर शाम इंचौली थाना क्षेत्र के धनपुर गांव की है। अब जानिए पूरा मामला धनपुर गांव के रहने वाले गरीबदास का बेटा नैन सिंह (38) सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) में कांस्टेबल के पद पर तैनात थे। इस समय पश्चिम बंगाल में पोस्टिंग थी। 6 मार्च को छुट्टी पर घर आए थे और 2 अप्रैल को वापस ड्यूटी पर जाना था। नैन सिंह की पत्नी कोमल अपने दो बच्चों रिमी (12), आयुष (7) के साथ टीपी नगर थाना क्षेत्र के फाजलपुर स्थित मायके गई थी। नैन सिंह की मां विमला अपनी बेटी अंजू के घर मेरठ में थी। पिता खेत पर गए हुए थे। छोटा भाई प्रदीप मोदीनगर अपने काम पर था। घर में शनिवार को प्रदीप की पत्नी पिंकी और जवान नैन सिंह मौजूद थे। नैन सिंह सो रहे थे, इसी दौरान एक अज्ञात युवक घर में घुसा और उन्हें गोली मार दी। गोली लगने से उनकी मौके पर ही मौत हो गई। पड़ोसियों की सूचना पर एसएसपी अविनाश पाण्डे, इंचौली थाना पुलिस और सीओ सदर देहात सुधीर सिंह मौके पर पहुंचे। फिलहाल मौके पर भारी पुलिस बल तैनात है। पुलिस ने शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया है। पुलिस परिजनों और ग्रामीणों से पूछताछ कर रही है। साथ ही, आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज भी खंगाली जा रही है। घटना के बाद धनपुर गांव में शोक और आक्रोश का माहौल है। पुलिस ने जल्द ही आरोपी को गिरफ्तार करने का आश्वासन दिया है। गांव के ही युवक से चल रही थी रंजिशगांव वालों ने बताया- गांव के महेश से जवान की पुरानी रंजिश चल रही थी। तीन दिन पहले और आज विवाद भी हुआ था। इसके बाद जवान घर पर जाकर सो रहे थे। एसएसपी अविनाश पाण्डे ने बताया- पुलिस ने तीन लोगों को हिरासत में लिया है। उनसे पूछताछ कर रही है। जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार किया जाएगा। खबर अपडेट की जा रही है।
मंदसौर जिले के सीतामऊ थाना क्षेत्र के ग्राम साखतली में हुए किसान हत्याकांड का पुलिस ने खुलासा कर दिया है। एडिशनल एसपी हेमलता कुरील और एसडीओपी दिनेश प्रजापति ने शनिवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस में पूरे मामले की जानकारी दी। पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जबकि एक आरोपी अभी फरार है। घटना 26-27 मार्च की दरमियानी रात की है। फरियादी जीवन पाटीदार ने बताया कि उसके पिता शंकरलाल पाटीदार खेत पर बने मकान में सोने के लिए गए थे।अगले दिन कच्चे रास्ते पर रामनिवास पाटीदार के खेत के पास उनका शव खून से लथपथ हालत में मिला। गले और सिर पर धारदार हथियार से चोट के निशान थे। जमीन विवाद बना हत्या की वजह प्रारंभिक जांच में सामने आया कि मृतक का अपने रिश्तेदार बालेश्वर पाटीदार से करीब 7 आरी पुश्तैनी जमीन को लेकर लंबे समय से विवाद चल रहा था। मामला सिविल कोर्ट में भी विचाराधीन था और दोनों पक्षों में लगातार तनाव बना हुआ था। एसपी विनोद कुमार मीना के निर्देश पर गठित टीम ने जांच के दौरान पाया कि घटना से एक दिन पहले अर्जुन पाटीदार ने मृतक के बेटे को धमकी दी थी। इसी आधार पर संदिग्धों से पूछताछ की गई। पूछताछ में बालेश्वर पाटीदार और नानालाल पाटीदार ने अपने जीजा अर्जुन पाटीदार के साथ मिलकर हत्या की साजिश रचने की बात स्वीकार की। आरोपियों ने योजना बनाकर शंकरलाल पर कुल्हाड़ी से हमला कर उसकी हत्या कर दी। हथियार और बाइक जब्त पुलिस ने आरोपियों की निशानदेही पर हत्या में प्रयुक्त कुल्हाड़ी और एक मोटरसाइकिल (हीरो सुपर स्प्लेंडर) जब्त की है। पुलिस ने बालेश्वर पाटीदार और नानालाल पाटीदार निवासी साखतली को गिरफ्तार कर लिया है। मुख्य साजिशकर्ता अर्जुन पाटीदार निवासी नाटाराम फरार है, जिसकी तलाश जारी है। पुलिस ने मामले में धारा 103(1) बीएनएस के तहत प्रकरण दर्ज कर विवेचना की है। एडिशनल एसपी ने बताया कि फरार आरोपी की तलाश जारी है और जल्द ही उसे गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
धार शहर के गायत्री शक्तिपीठ में नौ दिवसीय चैत्र नवरात्रि उत्सव शनिवार शाम संपन्न हो गया। इस अवसर पर पंचकुंडीय यज्ञ, पूर्णाहुति, कन्या पूजन और कन्या भोज का आयोजन किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल हुए। पंचकुंडीय यज्ञ के दौरान पूरे परिसर में वैदिक मंत्रोच्चार किया गया। श्रद्धालुओं ने गायत्री महामंत्र और महामृत्युंजय मंत्र के साथ आहुतियां अर्पित कीं। यज्ञ के साथ ही विभिन्न संस्कार भी संपन्न कराए गए। मुख्य ट्रस्टी रमेश चंद्र सचान ने बताया कि नौ दिनों तक चले इस उत्सव में प्रतिदिन अलग-अलग धार्मिक कार्यक्रम आयोजित किए गए। समापन दिवस पर पूर्णाहुति के पश्चात कन्या पूजन किया गया। इसके बाद कन्या भोज और प्रसादी वितरण का आयोजन हुआ, जिसमें बड़ी संख्या में लोगों ने सहभागिता की। शनिवार शाम आयोजित इन कार्यक्रमों के साथ ही चैत्र नवरात्रि उत्सव का विधिवत समापन हुआ।
लखनऊ में 11वीं की छात्रा फांसी से लटकी:कमरे में फंदे से झूलती मिली लाश, मां की डांट से नाराज थी
लखनऊ के हसनगंज थानाक्षेत्र में मां की डांट से आहत 11वीं की छात्रा ने शुक्रवार देर रात फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। फंदे से लटका देख परिजन आनन-फानन में उसे बलरामपुर अस्पताल ले गए। डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। पुलिस ने शव पोस्टमाॅर्टम कराकर परिजनों को सौंप दिया है। डालीगंज स्थित मनकामेश्वर मठ मंदिर निवासी अरविंद कुमार सिक्योरिटी गार्ड सुपरवाइजर हैं। परिवार में पत्नी सपना, बेटी लीजा उर्फ बेबो (17) और बेटा उदय है। परिजनों के मुताबिक लीजा एक प्राइवेट स्कूल में 11वीं की छात्रा थी। किसी बात को लेकर मां ने उसे डांटा शुक्रवार को किसी बात को लेकर मां ने उसे डांट दिया था। इसके बाद नाराज होकर वह कमरे में चली गई। काफी देर बाहर नहीं आई तो अरविंद कमरे में पहुंचे। कमरे के अंदर बेटी को फंदे से लटका देख उनके होश उड़ गए। शोर सुनकर परिजन और पड़ोसी मौके पर पहुंचे और छात्रा को नीचे उतारकर तुरंत अस्पताल ले गए। परिवार में कोहराम मच गया जहां डॉक्टरों ने छात्रा को मृत घोषित कर दिया। घटना की सूचना मिलते ही परिवार में कोहराम मच गया। पुलिस को मौके से कोई सुसाइड नोट नहीं मिला है। पुलिस ने पंचनामा भरकर शनिवार को पोस्टमाॅर्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया।
अनूपपुर जिले में तीन हाथियों का समूह पिछले 96 दिनों से विचरण कर रहा है। शनिवार सुबह ये हाथी वन परिक्षेत्र अहिरगवां के टिटही जैतहरी स्थित सागौन प्लांटेशन में पहुंचे, जहां विश्राम के बाद शाम को टिटही गांव की ओर रुख किया। हाथियों के गांव की ओर रुख करते देख अहिरगवां वनपरिक्षेत्र के अधिकारी सहित बिजुरी वन क्षेत्र और राजस्व अमला निगरानी में मुस्तैद है। शुक्रवार को हाथियों ने कई मकानों को नुकसान पहुंचाया है और खेतों में लगी फसलें खाई हैं, जिससे ग्रामीणों में दहशत का माहौल है। वन विभाग हाथियों की निगरानी कर रहा है। वन परिक्षेत्र अधिकारी अहिरगवां अजेंद्र सिंह ने बताया कि हाथियों द्वारा रात में पहुंचाए गए नुकसान को देखते हुए ग्रामीणों को सतर्क रहने की हिदायत दी गई है। उन्हें जंगल से सटे घरों में न रहने और सावधान रहने के लिए मुनादी भी कराई गई है। पिछले तीन दिनों में हाथियों ने तीन मकानों और एक झोपड़ी में तोड़फोड़ की है। उन्होंने घरों के अंदर रखा अनाज खाया और कई किसानों के खेतों व बाड़ी में लगी फसलों को भी नुकसान पहुंचाया है। इससे ग्रामीणों को आर्थिक नुकसान के साथ-साथ परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। यह हाथियों का समूह पिछले 96 दिनों से अनूपपुर जिले के जैतहरी और अनूपपुर वन परिक्षेत्र में विचरण कर रहा है। बीच में एक दिन ये शहडोल से बुढ़ार इलाके में भी गए थे, लेकिन पिछले चार दिनों से ये वन परिक्षेत्र अहिरगवां पुष्पराजगढ़ के जंगलों में ठहरे हुए हैं। शुक्रवार रात को अहिरगवां गांव में पूर्व जनपद अध्यक्ष पुष्पराजगढ़ शिवपाल सिंह के घर की दीवार तोड़कर हाथियों ने अंदर रखा रबी का अनाज खा लिया। देर रात तरेरा निवासी राजेंद्र सिंह के खेत में बनी झोपड़ी को भी तोड़ दिया और दो बोरी मसूर खा गए। ग्रामीण हाथियों को अपने इलाके से दूर भगाने की कोशिश कर रहे हैं, जिसके जवाब में हाथियों ने भी लोगों को दौड़ाया है। फिलहाल, राजस्व विभाग के पटवारी ग्रामीणों के साथ मौके पर पहुंचकर हाथियों द्वारा किए गए विभिन्न तरह के नुकसान का आकलन कर रहे हैं और राहत प्रकरण तैयार किए जा रहे हैं।
मैहर में किसान के खलिहान में आग:चने की फसल जली, डायल 112 टीम और ग्रामीणों ने पाया काबू
मैहर जिले के रामनगर थाना क्षेत्र के वार्ड क्रमांक 10 में किसान उमाकांत तिवारी के खलिहान में रखे चने में आग लग गई। इस घटना से क्षेत्र में हड़कंप मच गया। आग लगने की सूचना मिलते ही डायल 112 की टीम तत्काल मौके पर पहुंची। डायल 112 के चालक रामधनी वर्मा और प्रधान आरक्षक सूर्यभान सिंह ने स्थानीय ग्रामीणों के साथ मिलकर कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। आग लगने का कारण अभी स्पष्ट नहीं हो पाया है। स्थानीय लोगों ने बताया कि रामनगर की फायर ब्रिगेड खराब होने के कारण समय पर मदद नहीं पहुंच सकी। फिलहाल, आग से हुए नुकसान का आकलन किया जा रहा है। किसान और स्थानीय लोग प्रशासन से प्रभावित किसानों को उचित राहत प्रदान करने की मांग कर रहे हैं।
'अगर पेट्रोल-डीजल की कमी नहीं है तो लोग लाइनों में क्यों लगे हैं। हकीकत यह है कि भाजपा ने केवल प्रदेश ही नहीं, बल्कि पूरे देश को लूटने का काम किया है और जनता से सिर्फ झूठे वादे किए हैं। सपा और पीडीए के लोग एकजुट हैं। पीडीए के गठन से भारतीय जनता पार्टी घबराई हुई है। 2027 में पीडीए की ही सरकार बनेगी।' यह बातें सपा के सीनियर लीडर शिवपाल सिंह यादव ने कानपुर में कहीं। वह यहां सीसामऊ की विधायक नसीम सोलंकी की ओर से होली और ईद मिलन समारोह में शामिल होने आए हुए थे। शिवपाल यादव ने पीएम नरेंद्र मोदी के उस बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए, जिसमें उन्होंने सपा पर प्रदेश को एटीएम कार्ड की तरह इस्तेमाल करने का आरोप लगाया था,पलटवार करते हुए कहा कि भाजपा सरकार ने ही जनता को लूटने का काम किया है, जिससे लोग परेशान हो चुके हैं। मंच पर भावुक हुईं नसीम, शायराना अंदाज में बोलीं-'यह निजाम आखिरी है' शहर के जीआईसी मैदान में आयोजित इस कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में शिवपाल यादव के साथ नेता प्रतिपक्ष माता प्रसाद पाण्डेय भी शामिल हुए। कार्यक्रम में सपा विधायक रागिनी सोनकर भी मौजूद रहीं। होली और ईद मिलन कार्यक्रम का आयोजन सपा विधायक नसीम सोलंकी ने कराया। उन्होंने कहा कि इस कार्यक्रम के जरिए एकता और भाईचारे का संदेश देने की कोशिश की। इस दौरान नसीम सोलंकी मंच पर भावुक हो गईं। उनके आंसू छलक पड़े। उन्होंने कहा कि उन्हें अपने चुनाव के वे दिन याद आ गए, जब यही लोग इसी मंच पर साथ मौजूद थे। इसलिए वह भावुक हो गईं। अपने संबोधन के आखिर में उन्होंने शायरी सुनाते हुए कहा “जो जुल्म हो रहा था, न यह सुबह आखिरी है, न यह शाम आखिरी है, जहां जुल्म की कसरत हो, वो निजाम आखिरी है। शिवपाल बोले- पीडीए से भाजपा घबराईसमारोह के बाद मीडिया से बात के दौरान पीडीए की बढ़ती ताकत से भाजपा बुरी तरह घबराई हुई है। यह कुछ गिने-चुने पूंजीपतियों के हित में काम कर रही है। जबकि आम जनता से सिर्फ वादे किए जा रहे हैं। पार्टी के पोस्टर में आजम खान की फोटो नहीं होने के सवाल पर उन्होंने कहा कि आजम खान पार्टी के वरिष्ठ नेता हैं और दो बार सांसद रह चुके हैं, वह बड़े नेता हैं और रहेंगे। साथ ही उन्होंने सरकार पर तानाशाही का आरोप लगाते हुए कहा कि प्रदेश में अब सिर्फ आउटसोर्सिंग की नौकरियां ही बची हैं।
जोधपुर शहर में बिजली लाइनों के रखरखाव के चलते कल कई कॉलोनियों में बिजली बंद रहेगी। 50 से ज्यादा इलाकों में 4 घंटे तक बिजली नहीं आएगी। इसके बाद बिजली आपूर्ति बहाल कर दी जाएगी। इन इलाकों में सुबह 8 बजे से 12 बजे तक नहीं आएगी बिजली रेल्वे स्टेशन, रेल्वे ट्रॉफिक कॉलोनी, रघुनाथ धर्मशाला, LIC कार्यालय, प्रताप स्कुल, मेडिकल मार्केट, नृसिंह दडा, कबुतरों का चौक, भवानी रेडियों, तापी बावडी, ओसवाल न्योति न्योरा, पोकरण हवेली, कपिस राम जी का बेरा, बाइजी का तालाब, घोडो का चौक, गोरिडा बावडी, राजदादी जी का नोहरा, बोम्बेलॉज, नाकोडा रेस्टोरेंट, त्रिपोलिया, सहकार भवन, ताराघर कोरणा हॉउस, जालप मोहल्ला, भोली बाई मंदिर, खाण्डा फालसा, जोगियो का बास, बनिया बाड़ा, कल्लों की राली, मोतीचौक, मेडती सिलावटो का बास, घासमंडी, पुराना नगर निगम, सोजती गेट पुलिस चौकी, राजा रणछोड मंदिर, SBI बैंक, ओलम्पिक टॉवर, चांद सा तकिया, धाचियों का बास, आनन्द सिनेमा, सोनारों का बास, गोलगहास मस्जिद, पेटी का नोहरा, साडों की गली, फरामों का बंगला, दुध मंदिर, हरिजन बस्ती, पोलराज जी का बेरा, आमली का बास, मेघवालों का बास, रावतों का बास जारावास एवं आसपास का क्षेत्र, महात्मा गांधी अस्पताल का सम्पूर्ण परिसर एवं 33/11 केवी MGH सब-स्टेशन से सम्बन्धित सम्पूर्ण क्षेत्र।
शिवपुरी जिले के गोपालपुर थाना क्षेत्र में 150 रुपए के विवाद में एक युवक ने अपने चचेरे भाई की चाकू मारकर हत्या कर दी। घटना के चार दिन बाद पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस के अनुसार मृतक माधो आदिवासी और आरोपी रमेश आदिवासी चचेरे भाई थे। दोनों आगरा में आलू खोदने की मजदूरी कर गांव लौटे थे। 23 मार्च की शाम करीब 6:30 बजे रमेश ने माधो से आलू मांगे, जिस पर माधो ने 150 रुपए भाड़ा देने की बात कही। इसी बात पर दोनों के बीच विवाद हो गया। चाकू से किया हमला, मौके पर मौत विवाद के दौरान आरोपी रमेश ने कमर से चाकू निकालकर माधो के पेट में वार कर दिया। गंभीर चोट लगने से उसकी मौके पर ही मौत हो गई। घटना के बाद आरोपी फरार हो गया और जंगलों में ठिकाने बदलता रहा। पुलिस ने गांव पटेवरी और आसपास के क्षेत्रों में उसकी तलाश की, लेकिन वह हाथ नहीं आया। रेलवे स्टेशन से पकड़ा गया आरोपी 27 मार्च को मुखबिर से सूचना मिली कि आरोपी पाडरखेड़ा रेलवे स्टेशन पर भागने की फिराक में है। पुलिस ने घेराबंदी कर उसे प्रतीक्षालय के पास से गिरफ्तार कर लिया। थाना प्रभारी विनोद यादव के अनुसार आरोपी रमेश पिता कारे आदिवासी के खिलाफ धारा 103(1) बीएनएस के तहत मामला दर्ज किया गया है। आरोपी को न्यायालय में पेश कर सर्किल जेल शिवपुरी भेज दिया गया है।
बुरहानपुर में महिलाओं को सशक्त बनाने के उद्देश्य से मराठा सेवा संघ जिजाउ ब्रिगेड का दो दिवसीय राष्ट्रीय अधिवेशन शनिवार शाम से शुरू हो गया। इस अधिवेशन में देशभर से जिजाउ ब्रिगेड की एक हजार से अधिक पदाधिकारी और कार्यकर्ता शामिल हुई हैं। अधिवेशन की शुरुआत शाम 5:30 बजे नगर में महिलाओं की एक भव्य बाइक रैली के साथ हुई। इस रैली में स्थानीय महिलाओं के साथ-साथ देशभर से आईं पदाधिकारी भी बड़ी संख्या में मौजूद थीं। खंडवा संसदीय सीट से सांसद ज्ञानेश्वर पाटील ने बाइक रैली का स्वागत किया और कहा कि बुरहानपुर में यह आयोजन होना हमारे लिए गौरव की बात है। मराठा सेवा संघ के प्रदेशाध्यक्ष आरएस पाटील और जिजाउ ब्रिगेड की प्रदेश अध्यक्ष कोमल देशमुख के अनुसार, यह आयोजन जिजाउ ब्रिगेड द्वारा किया जा रहा है। अधिवेशन के दूसरे दिन, 29 मार्च को सुबह परमानंद गोविंदजीवाला ऑडिटोरियम में एक समारोह आयोजित होगा। इसमें महिलाओं की वर्तमान स्थिति पर विचार-विमर्श किया जाएगा और अहिल्या बाई होल्कर, जिजा माता तथा सावित्री बाई फुले के विचारों पर व्याख्यान दिए जाएंगे। सांसद बोले- सम्मेलन से चेतना और प्रेरणा मिलेगीपदाधिकारी महिलाओं से चर्चा कर विचारों का आदान-प्रदान करेंगी, जिसका उद्देश्य समाज को नई दिशा देना और महिलाओं को आगे लाना है। सांसद ज्ञानेश्वर पाटील ने कहा कि इस सम्मेलन से एक नई जागृति, चेतना और प्रेरणा मिलेगी। मराठा सेवा संघ के राष्ट्रीय अध्यक्ष कामा जी पंवार ने बताया कि यह जिजाउ ब्रिगेड का दूसरा राष्ट्रीय अधिवेशन है। बाइक रैली शाम 5:30 बजे शिकारपुरा स्थित जीजा माता की प्रतिमा पर माल्यार्पण और पूजा-अर्चना के बाद रवाना हुई। यह रैली शनवारा रोड, सिंधी बस्ती होते हुए बहादरपुर रोड स्थित परमानंद गोविंदजीवाला ऑडिटोरियम पहुंची, जहां सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। इस आयोजन में सुनील महाजन, आरएस पाटील और सांसद ज्ञानेश्वर पाटील सहित कई अन्य का योगदान रहा।
झज्जर जिले में बहादुरगढ़ -दिल्ली सीमा से सटे टिकरी बॉर्डर पर झज्जर पुलिस ने विशेष नाकाबंदी 467 वाहनों की गहन जांच की और 50 वाहनों के चालान काटे। यह अभियान डीजीपी अजय सिंघल के दिशा-निर्देशन और पुलिस कमिश्नर डॉ. राजश्री सिंह के नेतृत्व में चलाया गया। टिकरी बॉर्डर पर 45 पुलिसकर्मियों की तैनाती कर हर आने-जाने वाले वाहन की बारीकी से जांच की गई। संदिग्ध गतिविधियों पर विशेष नजर रखी गई, ताकि किसी भी प्रकार की आपराधिक घटना को रोका जा सके। ब्लैक फिल्म, ड्रिंक एंड ड्राइव और बिना नंबर प्लेट पर कार्रवाई जांच के दौरान 5 वाहनों पर ब्लैक फिल्म, 2 मामलों में ड्रिंक एंड ड्राइव और 8 वाहन बिना नंबर प्लेट के पाए गए। पुलिस ने मौके पर ही सख्त कार्रवाई करते हुए चालान काटे और नियमों का पालन सुनिश्चित कराया। अवैध हथियार और नशा तस्करों पर शिकंजा नाकाबंदी का मुख्य उद्देश्य अवैध हथियारों की तस्करी, नशीले पदार्थों की सप्लाई और चोरी के वाहनों पर अंकुश लगाना रहा। पुलिस अधिकारियों के अनुसार इस तरह के सघन अभियान अपराधियों के लिए साफ संदेश हैं कि अब कानून से बच पाना आसान नहीं है। आमजन से अपील- सहयोग से ही बनेगा सुरक्षित माहौल पुलिस प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि वे यातायात नियमों का पालन करें और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत पुलिस को दें। पुलिस और आमजन के सहयोग से ही क्षेत्र में शांति, सुरक्षा और अपराधमुक्त वातावरण सुनिश्चित किया जा सकता है।
करनाल जिले के घोघड़ीपुर क्षेत्र में शनिवार दोपहर एक हादसे में ई-रिक्शा ड्राइवर की जान चली गई। बता दे कि नहर में गिरी ई-रिक्शा को बाहर निकालने के दौरान रस्सी टूट गई और गाड़ी ड्राइवर के ऊपर पलट गई। नीचे दबने से उसकी मौके पर ही मौत हो गई। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और कार्रवाई शुरू की। दरअसल गांव गोगड़ीपुर निवासी रविंद्र की ई-रिक्शा शनिवार को करीब 12:30 बजे नहर में पलट गई थी। हादसे के बाद ई-रिक्शा को बाहर निकालने के लिए दूसरी रिक्शा की मदद ली जा रही थी। इसी दौरान यह हादसा हो गया। रस्सी टूटने के कारण हादसा बताया जा रहा है कि जब ई-रिक्शा को खींचा जा रहा था, तभी अचानक रस्सी टूट गई। संतुलन बिगड़ने से ई-रिक्शा सीधे रविंद्र के ऊपर पलट गई। जिस कारण वह वह नीचे दब गया और गंभीर रूप से घायल हो गया। मौके पर मौजूद लोगों ने उसे निकालने की कोशिश की, लेकिन तब तक उसकी मौत हो चुकी थी। पुलिस ने संभाला मोर्चा घटना की सूचना मिलते ही मधुबन थाना पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए करनाल के कल्पना चावला मेडिकल कॉलेज की मोर्चरी में भिजवाया। पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया। हादसे के बाद गांव में शोक का माहौल बना हुआ है। जांच जारी, कारणों की पड़ताल मामले की जांच कर रहे सब इंस्पेक्टर लक्ष्मण सिंह ने बताया कि हादसे में एक व्यक्ति की मौत हुई है। पुलिस पूरे घटनाक्रम की जांच कर रही है और यह भी देखा जा रहा है कि हादसा किन परिस्थितियों में हुआ।
श्रीगंगानगर में मुठभेड़ में घायल बदमाश ने चौंकाने वाला खुलासा किया है। आरोपी आकाश (32) लॉरेंस बिश्नोई गैंग का एक्टिव सदस्य है, जो गैंगस्टर आरजू बिश्नोई के डायरेक्शन में काम करता है। शनिवार को आईजी ओम प्रकाश ने पुलिस लाइन में प्रेस कॉन्फ्रेंस में यह जानकारी दी। उन्होंने बताया कि आरोपी सोशल मीडिया के जरिए गैंगस्टर्स के कॉन्टैक्ट में रहता था। राजस्थान, उत्तर प्रदेश, पंजाब समेत कई राज्यों में वारदात कर चुका है। एसपी हरिशंकर ने कहा कि शुरुआती जांच में सामने आया है कि आकाश ने अपने साथी शिवा गुर्जर के साथ मिलकर फिल्म डायरेक्टर रोहित शेट्टी के मुंबई स्थित घर के बाहर फायरिंग करने की सुपारी ली थी। विदेश में बैठे आरजू बिश्नोई ने आकाश को यह टास्क सौंपा था। दोनों आरोपी सोशल मीडिया के जरिए आरजू के संपर्क में थे। दरअसल, शुक्रवार रात करीब 8 बजे साधुवाली चेक पोस्ट पर पंजाब की तरफ से बिना नंबर प्लेट वाली बाइक पर आ रहे शूटर आकाश ने पुलिस पर 3 राउंड फायरिंग कर दी। जवाबी कार्रवाई में पुलिस की गोली बदमाश के पैर के आर-पार हो गई। लॉरेंस गैंग का मेंबर, कई राज्यों में मामले दर्जएसपी ने बताया कि घायल आरोपी आकाश (32) पुत्र मुन्नालाल, आगरा (उत्तरप्रदेश) लॉरेंस गैंग का सदस्य है। वह गैंगस्टर आरजू बिश्नोई के डायरेक्शन में वारदात को अंजाम देता है। उसका काम रेकी करना और फायरिंग करना है। राजस्थान के हनुमानगढ़ समेत कई जिलों के अलावा, उत्तर प्रदेश, पंजाब समेत कई राज्यों में उसके खिलाफ अपराधिक मामले दर्ज हैं। प्रोफेशनल शूटर है आकाशपुलिस का कहना है- आकाश एक प्रोफेशनल शूटर है, जो रेकी के बाद बड़ी वारदात और कॉन्ट्रैक्ट किलिंग जैसी घटनाओं को अंजाम देता है। श्रीगंगानगर में वह आरजू बिश्नोई के कहने पर एक गैंगस्टर और एक बिजनेसमैन को निशाना बनाने आया था। पुलिस को भनक लगते ही साधुवाली चेक पोस्ट पर नाकाबंदी की गई और बदमाश को रोका गया। फायरिंग के बाद पुलिस की जवाबी कार्रवाई में आकाश घायल हो गया। फिलहाल उसका सरकारी हॉस्पिटल में इलाज चल रहा है। 23 मार्च को शिवा गुर्जर को किया था गिरफ्तारकोतवाली थाना पुलिस ने 23 मार्च को जयपुर सेंट्रल जेल से शिवा गुर्जर (20) निवासी आगरा (उत्तरप्रदेश) को प्रोडक्शन वारंट पर गिरफ्तार किया था। शिवा गुर्जर पर भी रेकी और हथियार सप्लाई करने के मामले दर्ज है। दोनों आरोपी अच्छे दोस्त हैं और आरजू बिश्नोई के कहने पर ही वारदातों को अंजाम देते है। जेल में बंद लॉरेंस बिश्नोई इन दोनों को टारगेट्स देता है। पकड़े जाने से पहले आकाश ने हरियाणा के सिरसा, हनुमानगढ़ के भादरा और गोगामेडी इलाकों में भी गैंगस्टरों की रेकी की थी। पुलिस आकाश और शिवा से पूछताछ कर रही है। ये खबर भी पढ़िए श्रीगंगानगर में पुलिस- बदमाश में मुठभेड़:एनकाउंटर में पैर से आर-पार हुई गोली, गैंगस्टर से जुड़े होने की आशंका
हिसार जिला प्रशासन ने वर्ष 2026-27 के लिए नए कलेक्टर रेट का ड्राफ्ट तैयार कर लिया है। ओवरऑल हिसार शहर की बात करें तो शहरी रिहायशी और व्यावसायिक सेक्टरों में औसतन 15% की वृद्धि देखी जा रही है। वहीं, ग्रामीण इलाकों में नहरी और गैर-मुमकिन कृषि भूमि के दामों में 25% से 75% तक का बढ़ोतरी प्रस्तावित है। सेक्टर 13 और 14P जैसे पॉश इलाकों में रिहायशी रेट ₹56 हजार 925 प्रति वर्ग गज तक पहुंचने का अनुमान है। राजगुरु मार्केट और नागोरी गेट जैसे मुख्य बाजारों के रेट फिलहाल स्थिर रखे गए हैं। प्रीफरेंशियल प्लॉट (दो तरफ खुले) के लिए सामान्य रेट से 10% और स्पेशल प्रीफरेंशियल (पार्क फेसिंग/तीन तरफ खुले) के लिए 20% अतिरिक्त शुल्क देना होगा। फ्लोर-वाइज रजिस्ट्री के मामले में पहली मंजिल के लिए 10% और ऊपरी मंजिलों के लिए 50% तक अतिरिक्त स्टांप ड्यूटी का प्रावधान है। सबसे ज्यादा रेट वृद्धि वाले क्षेत्र कुछ क्षेत्रों में काफी अधिक प्रतिशत में वृद्धि प्रस्तावित की गई है। अग्रोहा में कलेक्टर के रेट में 75% की भारी बढ़ोतरी का प्रस्ताव है। अग्रोहा को हिसार महानगर विकास प्राधिकरण में शामिल करने के बाद यहां रेटों में भारी बढ़ोतरी हुई है। इसके अलावा अलीपुर में आवासीय भूमि के रेट में 75% की वृद्धि प्रस्तावित की गई है। आर्यनगर में कृषि भूमि के रेट में भी 75% की वृद्धि का प्रस्ताव है। नंद विहार, गंगवा में आवासीय रेट में 45% की बढ़ोतरी प्रस्तावित है। अग्रोहा (व्यावसायिक) अग्रोहा क्षेत्र की व्यावसायिक संपत्तियों में 30% तक की वृद्धि देखी गई है। अशोक विहार, गंगवा में आवासीय रेट में 30% की वृद्धि का प्रस्ताव है। सबसे कम रेट वृद्धि वाले क्षेत्र कुछ क्षेत्रों में वृद्धि को सीमित रखा गया है या वहां बहुत कम बढ़ोतरी हुई है। इसमें गंगवा क्षेत्र में विभिन्न कॉलोनियां जैसे आदर्श नगर, अमर विहार फेज I-II और इंद्रा कॉलोनी में 15% की मध्यम वृद्धि प्रस्तावित है। आर्यनगर में नहरी कृषि भूमि के रेट में 25% की वृद्धि का प्रस्ताव है। इन क्षेत्रों में कैलेक्टर रेट नहीं बढ़ेंगे कई प्रमुख और ग्रामीण क्षेत्रों के रेट में कोई बदलाव नहीं किया गया है। शहर की प्रमुख राजगुरु मार्केट के व्यावसायिक रेट को स्थिर रखा गया है। कालवास और किरमारा गांवों में कृषि, आवासीय और व्यावसायिक सभी श्रेणियों के रेट स्थिर रखे गए हैं। किराड़ा, किरोड़ी और कुलेरी में भी अधिकांश श्रेणियों में पुराने रेट ही प्रस्तावित किए गए हैं। कलेक्टर रेट बढ़ने से क्या होगा …
खरगोन नगरपालिका ने बकाया संपत्तिकर की वसूली के लिए विशेष अभियान शुरू किया है। इसके तहत बकायादारों के घरों और दुकानों के सामने ढोल-ताशे बजाकर वसूली की जा रही है। शनिवार को कार्रवाई के दौरान कुल 13.72 लाख रुपए का राजस्व जमा किया गया। अभियान के तहत राधावल्लभ मार्केट स्थित राधा ट्रेडिंग कंपनी का कार्यालय सील कर दिया गया। कंपनी पर करीब 12 लाख रुपए का संपत्तिकर बकाया था, जिसके भुगतान नहीं करने पर यह कार्रवाई की गई। मौके पर 7 लाख, काउंटर पर 6.72 लाख जमा प्रभारी राजस्व अधिकारी महेश वर्मा ने बताया कि ढोल-ताशे के साथ की गई कार्रवाई के दौरान मौके पर करीब 7 लाख रुपए की वसूली की गई। वहीं नगरपालिका के कैश काउंटर पर 6.72 लाख रुपए जमा हुए। मुख्य नगर पालिका अधिकारी कमला कौल ने बताया कि कई बार नोटिस देने के बावजूद कर जमा नहीं करने वाले बकायादारों के खिलाफ कार्रवाई की जा रही है। उन्होंने कहा कि छुट्टी के दिनों में भी कैश काउंटर खुले रखे जाएंगे। नगरपालिका पर कुल करीब 25 करोड़ रुपए का कर बकाया है, जिसमें से अब तक लगभग 15 करोड़ रुपए की वसूली हो चुकी है। राजस्व टीम ने चेतावनी दी है कि बकाया कर वसूली के लिए अभियान आगे भी जारी रहेगा।
बरेली में शनिवार को 5 साल के बच्चे का शव तालाब में गली हालत में मिला। बच्चे का आधा चेहरा गल चुका था, जिससे पहचान करने में दिक्कत हो रही थी। परिजनों ने हाथ और कपड़ों से उसकी पहचान की। परिजनों के मुताबिक, बच्चा 5 महीने पहले घर से खेलते समय अचानक गायब हो गया था। शनिवार दोपहर गांव के एक बच्चे ने तालाब में जलकुंभी के बीच कुछ फंसा देखा और इसकी जानकारी ग्रामीणों को दी। परिजन और ग्रामीण मौके पर पहुंच गए। वहीं, सूचना मिलते ही पुलिस भी मौके पर पहुंच गई। जेसीबी मशीन बुलवाई गई और उसकी मदद से जलकुंभी हटाई गई। जब उसे बाहर निकाला गया, तब पता चला कि वह बच्चे का शव है। इसके बाद पुलिस ने शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया और मामले में आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है। यह घटना आंवला थाना क्षेत्र की है। अव विस्तार से पढ़िए पूरा मामला… बच्चे की हत्या कर शव को तालाब में फेंका गयाकंधरपुर गांव निवासी भरत सिंह ने बताया- 28 दिसंबर को मेरा 5 साल का बच्चा घर के बाहर खेल रहा था। करीब 2:30 बजे वह अचानक गायब हो गया। इसके बाद हमने उसकी हर जगह तलाश की। यहां तक कि तालाब को भी कई बार साफ कराकर चेक किया गया था। पुलिस ने गुमशुदगी दर्ज कर तलाश शुरू की थी, लेकिन उस समय कोई सुराग नहीं मिला। इसके बाद हम लोग इंतजार करते रहे। आज दोपहर करीब 11 बजे तालाब में बच्चे का शव मिला है। मुझे शक है कि किसी ने मेरे बच्चे की हत्या कर शव तालाब में डाल दिया। शव की हालत देखकर नहीं लगता कि वह कई महीने पुराना है। सिर्फ उसका चेहरा कुचला हुआ है। देखने से लगता है कि शव करीब एक सप्ताह पुराना है। पुलिस भी मेरे नाती को नहीं खोज पाई थीबच्चे के बाबा द्वारिका प्रसाद ने बताया- गांव में मेरी किसी से कोई रंजिश नहीं है। किसी ने अपहरण कर मेरे बच्चे की हत्या कर दी। उस समय मैंने एफआईआर दर्ज कराई थी। पुलिस ने जांच भी की, लेकिन कोई पता नहीं चल सका। अब मैं चाहता हूं कि पुलिस दोबारा गहन जांच करे और दोषी को सख्त से सख्त सजा दी जाए। भरत के अब (16 साल का बेटा विशाल और 5 साल की बेटी गुड़िया) दो बच्चे हैं। इस हादसे के बाद भरत की पत्नी नैना देवी की हालत बेहद खराब है। वह बार-बार बेसुध हो रही हैं। पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट का इंतजारआंवला के सीओ नितिन कुमार ने बताया- 28 दिसंबर से लापता बच्चे का शव आज गांव के ही तालाब में मिला है। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के सही कारण और समय का स्पष्ट पता चल सकेगा। पुलिस मामले की गहनता से जांच कर रही है। ------ ये खबर भी पढ़ें- छात्र को 5 लड़कों ने पकड़ा, 3 ने चाकू मारा: बरेली में आंतें बाहर आईं; दोस्तों के बीच समझौता कराने गया था, हत्या कर दी बरेली में 12वीं के एक छात्र की उसके ही दोस्तों ने चाकू से गोदकर हत्या कर दी। छात्र घर पर खाना खा रहा था, दोस्त उसे बुलाकर ले गए। घर से करीब 400 मीटर दूर दोस्तों के 2 गुटों में चल रहे विवाद का समझौता कराने लगा। तभी दोनों पक्षों के बीच कहासुनी होने लगी। इसी बीच एक गुट के 5 लड़कों ने उसे पकड़ लिया, जिसके बाद 3 लड़कों ने उस पर चाकू से हमला कर दिया। गले, पेट और सीने पर ताबड़तोड़ 5-6 वार किए गए, जिससे उसकी आंतें बाहर आ गईं। पढ़िए पूरी खबर…
60 फीट ऊंचाई से गिरा LT सुपरवाइजर, मौत:खिमला प्लांट में हादसे के बाद भड़के मजदूर; गाड़ियों से तोड़फोड़
नीमच जिले के रामपुरा क्षेत्र स्थित खिमला पावर प्लांट में गुरुवार रात एक हादसे में एलएंडटी कंपनी के 25 वर्षीय सुपरवाइजर एहसान उल हक की मौत हो गई। यह घटना सुरक्षा इंतजामों में कमी को उजागर करती है। पश्चिम बंगाल निवासी एहसान प्लांट की करीब छह मंजिला ऊंची दीवार पर लोहे की प्लेट ठीक करने के लिए चढ़ा था। बताया गया है कि वहां सुरक्षा के लिए अनिवार्य सेफ्टी जाली नहीं थी, जिसके कारण उसका संतुलन बिगड़ गया और वह सीधे नीचे गिर गया। मौके पर ही उसकी मौत हो गई। गाड़ियों और फर्नीचर में तोड़फोड़ इस घटना के बाद शुक्रवार को प्लांट परिसर में मजदूरों का गुस्सा भड़क उठा। उन्होंने काम बंद कर प्रबंधन के खिलाफ प्रदर्शन शुरू कर दिया। आक्रोशित मजदूरों ने कंपनी के ऑफिस में घुसकर हंगामा किया और फर्नीचर और कांच तोड़ दिए। मुआवजे की मांग पर अड़े थे मजदूर मजदूरों की मुख्य मांग थी कि मृतक के परिवार को तत्काल उचित मुआवजा दिया जाए और भविष्य के लिए सुरक्षा व्यवस्था को पुख्ता किया जाए। हंगामे की सूचना पर रामपुरा पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी भारी बल के साथ मौके पर पहुंचे और प्रदर्शन कर रहे मजदूरों को शांत कराया। कंपनी की ओर से नहीं पहुंची शिकायत रामपुरा थाना प्रभारी विपिन मसीह ने बताया कि पश्चिम बंगाल निवासी एहसान उलशेख पिता रजीब शेख की मौत के बाद तोड़फोड़ हुई है। फिलहाल पोस्टमार्टम करवाकर शव परिजनों के सुपुर्द कर दिया है। मर्ग कायम कर जांच शुरू कर दी। अभी कंपनी की ओर से तोड़फोड़ की शिकायत फिलहाल दर्ज नहीं कराई गई है। प्रदर्शन की अन्य तस्वीरें…
दमोह जिले के जबेरा ब्लॉक के हनुमतखेड़ा गांव में शनिवार शाम करीब 5 बजे खेत की मेड़ पर आग लग गई। देखते ही देखते लपटें आसपास के कई खेतों तक फैल गईं। ग्रामीणों ने तुरंत आग बुझाने की कोशिश शुरू की और तेंदूखेड़ा से फायर ब्रिगेड को खबर दी। ग्रामीणों को शक है कि यह आग बच्चों के खेलने की वजह से लगी होगी। गांव की मेड़ पर कुछ बच्चे खेल रहे थे और शायद उन्होंने सूखे पत्तों में आग लगा दी, जो गर्मी की वजह से तेजी से फैल गई। आग इतनी तेज थी कि उसने कुछ पेड़ों को भी अपनी चपेट में ले लिया। समय रहते टला बड़ा हादसा सूचना मिलते ही तेंदूखेड़ा से फायर ब्रिगेड की गाड़ी मौके पर पहुंची। करीब आधे घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद दमकलकर्मियों ने आग पर काबू पा लिया। राहत की बात यह रही कि इस घटना में कोई जनहानि नहीं हुई और समय रहते आग बुझ जाने से खेतों में खड़ी फसल भी बच गई। इन दिनों गेहूं की कटाई चल रही है और शॉर्ट सर्किट या दूसरी वजहों से आगजनी की घटनाएं लगातार बढ़ रही हैं, जिससे किसानों को भारी नुकसान उठाना पड़ रहा है।
जयपुर में तेज रफ्तार थार ने एक रेपिडो बाइक को टक्कर मार दी, जिससे बाइक सवार दो लोग घायल हो गए। घटना शुक्रवार रात करीब 9.36 बजे मानसरोवर इलाके में वीटी रोड पर जूडियो के सामने हुआ। पुलिस के अनुसार, वैशाली नगर निवासी अर्पित खंडेलवाल (28) ऑफिस से घर जाने के लिए रेपिडो बाइक से जा रहे थे। इसी दौरान बाइक जैसे ही यू-टर्न ले रही थी, पीछे से तेज रफ्तार थार जीप ने जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि बाइक पर पीछे बैठे अर्पित उछलकर दूर जा गिरे और चोटिल हो गए, जबकि बाइक चला रहे रेपिडो राइडर का पैर फ्रैक्चर हो गया। रेपिडो राइडर का पैर फ्रैक्चर घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और दोनों घायलों को अस्पताल पहुंचाया। प्राथमिक उपचार के बाद अर्पित को छुट्टी दे दी गई, जबकि पैर फ्रैक्चर होने के कारण रेपिडो राइडर को एसएमएस हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया है। आरोपी फरार, तलाश जारी हादसे के बाद थार जीप का ड्राइवर मौके से फरार हो गया। एक्सीडेंट थाना (साउथ) पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है और वाहन नंबर के आधार पर आरोपी की तलाश की जा रही है। पुलिस के अनुसार, हादसे की मुख्य वजह ओवरस्पीड और लापरवाही मानी जा रही है।
राजनांदगांव में दलहन-तिलहन की खरीदी शुरू:पीएम-आशा योजना के तहत कलेक्टर ने किया निरीक्षण
राजनांदगांव जिले में किसानों को उनकी उपज का उचित मूल्य दिलाने और फसल विविधीकरण को बढ़ावा देने के उद्देश्य से प्रधानमंत्री अन्नदाता आय संरक्षण (पीएम-आशा) योजना के तहत दलहन और तिलहन की खरीदी शुरू हो गई है। कलेक्टर जितेंद्र यादव ने तुमड़ीबोड़ सेवा सहकारी समिति का औचक निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया। कलेक्टर ने निरीक्षण के दौरान स्पष्ट निर्देश दिए कि खरीदी केंद्रों पर किसानों को किसी भी प्रकार की असुविधा नहीं होनी चाहिए। उन्होंने किसानों से चर्चा करते हुए उन्हें धान जैसी अधिक पानी की खपत वाली फसलों के स्थान पर चना, मसूर और सरसों जैसी फसलें लेने के लिए प्रोत्साहित किया। उन्होंने बताया कि इससे जल संरक्षण के साथ-साथ मिट्टी की उर्वरता भी बनी रहती है। चने का समर्थन मूल्य 5875 रुपए केंद्र पर मौजूद ग्राम दर्राबांधा के किसान कमल नारायण साहू ने बताया कि वे 50 क्विंटल चना बेचने आए हैं। उन्होंने साझा किया कि चने का समर्थन मूल्य 5,875 रुपये प्रति क्विंटल है, जो ग्रीष्मकालीन धान की तुलना में काफी अधिक है। इससे उन्हें लगभग 2.93 लाख रुपये की आय होगी। प्रमुख दलहन-तिलहन फसलों के लिए निर्धारित समर्थन मूल्य और उपार्जन की अंतिम तिथियां इस प्रकार हैं: चना के लिए 5,875 रुपये प्रति क्विंटल (अंतिम तिथि 30 मई), मसूर के लिए 7,000 रुपये प्रति क्विंटल (अंतिम तिथि 30 मई) और सरसों के लिए 6,200 रुपये प्रति क्विंटल (अंतिम तिथि 15 मई)। कलेक्टर ने बताया कि सुचारू खरीदी के लिए जिले की 15 सेवा सहकारी समितियों और सुकुलदैहान स्थित एक महिला कृषक उत्पादन संगठन (FPO) को केंद्र बनाया गया है। अब तक 1,107 किसानों ने चना, मसूर और सरसों हेतु पंजीयन कराया है। जिले में अब तक 238 क्विंटल चना और 265 क्विंटल मसूर का उपार्जन किया जा चुका है। केंद्रों पर तौल मशीन, बारदाना उपलब्धता, भंडारण और त्वरित भुगतान सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं।
राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग ने सीहोर जिले के कोठरी में स्थित वेल्लोर इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी (वीआईटी) द्वारा संचालित विश्वविद्यालय के खिलाफ शुक्रवार को एक प्रकरण दर्ज किया है। यह कार्रवाई विश्वविद्यालय द्वारा 'वीआईटी भोपाल यूनिवर्सिटी' नाम से प्रचार करने की शिकायत पर की गई है, जबकि इसका परिसर भोपाल जिले में नहीं है। विश्वविद्यालय का वास्तविक परिसर भोपाल शहर से लगभग 100 किलोमीटर दूर सीहोर जिले की आष्टा तहसील में स्थित है। छात्रों को भ्रमित करने के लिए राजधानी भोपाल के नाम का उपयोग किया जा रहा था। इस संबंध में एनएसयूआई ने मध्य प्रदेश शासन, मध्य प्रदेश निजी विश्वविद्यालय विनियामक आयोग और मानवाधिकार आयोग को शिकायत भेजी थी। छात्रों को भ्रमित करने का आरोपएनएसयूआई ने अपनी शिकायत में बताया कि 'भोपाल' नाम के उपयोग से अन्य राज्यों के छात्रों और अभिभावकों में भ्रम की स्थिति पैदा होती है। ऑनलाइन प्रवेश प्रक्रिया के दौरान 'भोपाल' नाम देखकर कई विद्यार्थी यह मान लेते हैं कि संस्थान भोपाल शहर में है, जिससे बाद में उन्हें असुविधा और मानसिक परेशानी का सामना करना पड़ता है। पूर्व में हिंसक प्रदर्शन हो चुकाशिकायत में यह भी उल्लेख किया गया कि विश्वविद्यालय प्रशासन की लापरवाही के कारण पूर्व में छात्रों में भारी आक्रोश व्याप्त हुआ था, जिसने हिंसक घटना का रूप ले लिया था। छात्रों ने मूलभूत सुविधाओं की कमी, अव्यवस्था और प्रशासनिक उदासीनता जैसे मुद्दे उठाए थे। इसके अतिरिक्त, विश्वविद्यालय परिसर में कथित अवैध क्लीनिक और अन्य अनियमितताओं के संबंध में भी पहले शिकायतें की जा चुकी हैं, जिन पर अब तक कोई कठोर कार्रवाई नहीं हुई है। इन सभी तथ्यों को गंभीरता से लेते हुए राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग ने मामले में केस दर्ज कर लिया है। आयोग ने संबंधित पक्षों से प्रतिवेदन तलब करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। यह कदम छात्रों के अधिकारों और पारदर्शिता की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल माना जा रहा है। विश्वविद्यालय का पक्ष जानने का प्रयास किया गया, लेकिन उनसे संपर्क नहीं हो सका।
चलती बाइक पर चाकू लहराने वाले 6 लोग गिरफ्तार:वीडियो वायरल होने के बाद कोरबा पुलिस ने की कार्रवाई
कोतवाली पुलिस ने चलती मोटरसाइकिल पर चाकू लहराकर दहशत फैलाने वाले छह लोगों के खिलाफ कार्रवाई की है। इनमें एक वयस्क आरोपी को गिरफ्तार किया गया है, जबकि पांच विधि से संघर्षरत बालकों की संलिप्तता पाई गई है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से एक धारदार चाकू और घटना में प्रयुक्त मोटरसाइकिल जब्त की है। पुलिस अधीक्षक कोरबा सिद्धार्थ तिवारी के निर्देश पर यह कार्रवाई की गई। गिरफ्तार वयस्क आरोपी राहुल यादव को कोर्ट में पेश किया गया है। वहीं, पांच नाबालिगों को किशोर न्याय बोर्ड लाया गया। वीडियो का मकसद आतंक फैलाना था बताया जा रहा है कि कुछ दिनों पहले सीतामढ़ी क्षेत्र में एक गिरोह ने बाइक पर चाकू लहराते हुए एक वीडियो बनाया था। इसका उद्देश्य आतंक फैलाना था। इस वीडियो को सोशल मीडिया पर वायरल किया गया, जिसके बाद लोगों की अलग-अलग प्रतिक्रियाएं सामने आईं और ऐसे लोगों पर कार्रवाई की मांग उठने लगी। वीडियो के सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद कोतवाली थाना पुलिस ने मामले को गंभीरता से लिया। पुलिस ने आरोपियों के बारे में जानकारी जुटाना चालू किया और तुरंत कार्रवाई करते हुए उन्हें पकड़ा। बता दें कि कुछ दिनों पहले भी कोतवाली थाना क्षेत्र अंतर्गत पुरानी बस्ती में डीजे की धुन पर चाकू लहराते हुए एक युवक पर हमला किया गया था। उस मामले में भी पुलिस ने आरोपी युवक के खिलाफ कार्रवाई की थी। पुलिस सोशल मीडिया पर इस तरह के वीडियो अपलोड करने वालों के खिलाफ लगातार कार्रवाई कर रही है। कोरबा पुलिस द्वारा सजग कोरबा – सदर कोरबा अभियान के तहत क्षेत्र में अपराध नियंत्रण हेतु निरंतर सख्त कार्रवाई जारी रहेगी। पुलिस आम नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध है।

