Tamil Nadu में Vettri Payanam योजना शुरू, महिलाओं को बसों में मिलेगी मुफ्त यात्रा
चेन्नई, दो अक्टूबर तमिलनाडु के मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय ने शुक्रवार को गांधी जयंती के मौके पर महिलाओं के लिए विस्तारित मुफ्त बस यात्रा योजना ‘वेत्री पयनम’ की शुरुआत की। सरकार ने कहा कि इस योजना से प्रतिदिन 84 लाख से अधिक महिलाओं को लाभ मिलेगा और लाभार्थी डीलक्स तथा एक्सप्रेस श्रेणियों सहित अन्य बस सेवाओं का भी उपयोग कर सकेंगी। योजना का लाभ उठाने वाली लाभार्थी महिलाओं के लिए आय की कोई सीमा नहीं होगी और रोजाना यात्राओं की संख्या पर भी कोई प्रतिबंध नहीं होगा। इस कल्याणकारी योजना का नाम सत्तारूढ़ दल तमिलगा वेत्री कझगम के नाम से लिया गया है और इसका मतलब महिलाओं के लिए “विजयी यात्रा” (वेत्री पयनम) है। इस योजना के दायरे में राज्य के सात परिवहन निगमों की 12,695 बसें शामिल हैं और अनुमान है कि रोजाना 84.32 लाख महिलाएं इससे लाभान्वित होंगी। कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने यात्रियों से बातचीत की और योजना की आधिकारिक शुरुआत के मौके पर उन्हें मुफ्त बस टिकट वितरित किए। इस अवसर पर परिवहन मंत्री ए विजय तमिलन पार्थिबन ने कहा कि इस पहल का उद्देश्य महिलाओं और ट्रांसजेंडर लोगों को मुफ्त बस यात्रा की सुविधा देना है ताकि उनकी शिक्षा, रोजगार, आजीविका और आर्थिक सशक्तिकरण में मदद मिल सके और यात्रा का खर्च उनकी प्रगति में बाधा न बने। उन्होंने कहा कि यह योजना समानता को बढ़ावा देने का एक जरिया है और यात्रा के अधिकारों में कोई भेदभाव नहीं होना चाहिए। पार्थिबन ने इस पहल को एक “सामाजिक क्रांति” बताते हुए कहा कि इसका उद्देश्य महिलाओं को स्वतंत्र रूप से सोचने, घरों से बाहर निकलने और राज्य के विकास में योगदान देने में मदद करना है। मंत्री ने कहा, इस योजना की शुरुआत उद्देश्य सामाजिक न्याय और महिलाओं के सशक्तिकरण के सिद्धांतों का सम्मान करना, अर्थव्यवस्था और समाज में उनकी भागीदारी को आसान बनाना और यह सुनिश्चित करना है कि परिवहन का खर्च शिक्षा, रोजगार या स्वास्थ्य सेवाओं तक उनकी पहुंच में बाधा न बने। पहले मुफ्त यात्रा सुविधा केवल विशिष्ट प्रकार की बसों तक सीमित थी लेकिन अब इसका विस्तार कर दिया गया है, जिसमें ‘एक्सप्रेस’, ‘डीलक्स’, ‘मोफसिल ऑर्डिनरी’ और कुछ घाट क्षेत्र की बस सेवाओं जैसी अधिक श्रेणियां शामिल हैं।
Tamil Nadu में CM Vijay ने Vettri Payanam योजना का दायरा बढ़ाया, महिलाओं को मुफ़्त बस सफ़र
तमिलनाडु के मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय ने शुक्रवार को महिलाओं के लिए राज्य की मुफ़्त बस यात्रा सुविधा का दायरा बढ़ाते हुए 'वेत्री पयनम' (Vettri Payanam) योजना के विस्तार की शुरुआत की। इस पहल को औपचारिक रूप से 2 अक्टूबर को गांधी जयंती के मौके पर शुरू किया गया था और इससे हर दिन लगभग 84.32 लाख महिलाओं को फ़ायदा होने की उम्मीद है। योजना के विस्तार से सरकारी बसों का एक बड़ा बेड़ा मुफ़्त यात्रा सुविधा के दायरे में आ गया है, जिससे पात्र महिलाएँ उन कई सेवाओं का लाभ उठा सकती हैं जो पहले इस सुविधा में शामिल नहीं थीं। सरकार ने कहा है कि इस सुविधा का लाभ उठाने के लिए आय की कोई सीमा नहीं है और न ही कोई लाभार्थी एक दिन में कितनी भी बार यात्रा कर सकता है, इस पर कोई रोक-टोक है। इसे भी पढ़ें: Vanakkam Poorvottar: Supreme Court और Madras High Court की टिप्पणी Tamil Nadu की Vijay Govt के लिए बनी परेशानी का सबब एक्सप्रेस और डीलक्स बसों में भी मुफ़्त सफ़र की सुविधा इस बढ़ी हुई व्यवस्था के तहत, मुफ़्त सफ़र की सुविधा को आम शहर और कस्बों की बसों से आगे बढ़ाते हुए, कॉर्पोरेशन और म्युनिसिपल इलाकों में चलने वाली एक्सप्रेस, लिमिटेड स्टॉप सर्विस और डीलक्स बसों तक भी बढ़ा दिया गया है। इस सुविधा में मोफ़सिल (बाहरी इलाकों की) साधारण बसें और 40 किलोमीटर से ज़्यादा दूरी वाले कुछ घाट रूटों पर चलने वाली साधारण बस सेवाएँ भी शामिल हैं। इस स्कीम में सात राज्य परिवहन निगमों द्वारा चलाई जाने वाली 12,692 सरकारी बसें शामिल होंगी। ये बसें कुल तय बेड़े (scheduled fleet) का लगभग 69 प्रतिशत हैं, जबकि इस स्कीम के तहत आने वाली सेवाएँ राज्य की कुल तय सिंगल ट्रिप का लगभग 85 प्रतिशत हैं। इस बढ़ी हुई सुविधा का मकसद महिलाओं के लिए काम की जगहों, शिक्षण संस्थानों, अस्पतालों और दूसरी ज़रूरी जगहों तक सफ़र करना आसान बनाना है, ताकि उन्हें रोज़ाना सफ़र के फ़ैसले लेते समय बस के किराए के बारे में न सोचना पड़े। लॉन्च के दौरान विजय ने यात्रियों से बातचीत की लॉन्च इवेंट के दौरान, मुख्यमंत्री विजय ने यात्रियों से बातचीत की और कल्याणकारी योजना के विस्तार की शुरुआत के तौर पर उन्हें मुफ़्त बस टिकट बांटे। इस योजना का नाम 'वेत्री पयनम' रखा गया है, जिसका मतलब है विजयी यात्रा। यह नाम सत्ताधारी पार्टी 'तमिलगा वेत्री कझगम' से लिया गया है। सरकार ने 24 अगस्त को तमिलनाडु विधानसभा में इस विस्तार की घोषणा की थी और कहा था कि ट्रांसपोर्ट के खर्च की वजह से महिलाओं को शिक्षा, रोज़गार या दूसरे मौकों से वंचित नहीं रहना चाहिए। इसे भी पढ़ें: उपचुनाव: CPI(M) ने TVK पर मतदाताओं को नकदी बांटने का लगाया आरोप सरकार का ध्यान मोबिलिटी और सशक्तिकरण पर ट्रांसपोर्ट मिनिस्टर ए. विजय तमिलन पार्थिबन ने कहा कि इस पहल का मकसद ट्रांसपोर्ट के खर्च को एक संभावित रुकावट के तौर पर हटाकर महिलाओं की शिक्षा, रोज़गार, आजीविका और आर्थिक सशक्तिकरण में मदद करना है। उन्होंने कहा कि इस स्कीम का मकसद पब्लिक ट्रांसपोर्ट तक पहुँच में समानता को बढ़ावा देना भी है, क्योंकि यात्रा के अधिकारों में कोई भेदभाव नहीं होना चाहिए। पार्थिबन ने इस पहल को एक सामाजिक क्रांति बताया, जिसका मकसद महिलाओं को ज़्यादा आत्मनिर्भर बनने, घरों से बाहर निकलने और राज्य के आर्थिक और सामाजिक विकास में हिस्सा लेने में मदद करना है।
Tamil Nadu में वोटर लिस्ट से छूटे लोगों और नए मतदाताओं के लिए चलेगा विशेष अभियान
चेन्नई, दो अक्टूबर तमिलनाडु में निर्वाचन आयोग नए मतदाताओं और ‘विशेष गहन पुनरीक्षण’ (एसआईआर) अभियान के दौरान जिनके नाम मतदाता सूची में शामिल नहीं हो सके, उन्हें जोड़ने के लिए पूरे राज्य में एक विशेष अभियान चलाएगा। राज्य की मुख्य निर्वाचन अधिकारी (सीईओ) अर्चना पटनायक ने यह जानकारी दी। सीईओ ने भारत निर्वाचन आयोग के निर्देशों के बाद बृहस्पतिवार को सभी जिला अधिकारियों के साथ इस संबंध में बैठक की अध्यक्षता की। उन्होंने कहा कि जिन लोगों के नाम मतदाता सूची में शामिल नहीं हो सके और युवा या पहली बार मतदान के पात्र मतदाताओं को जोड़ने के लिए सभी जिलों में एक विशेष अभियान चलाया जाएगा। उन्होंने यहां जारी एक बयान में कहा, “भारत निर्वाचन आयोग ने 29 सितंबर, 2026 को जारी अपने पत्र में निर्देश दिया है कि जिन राज्यों व केंद्र शासित प्रदेशों में एसआईआर पहले ही पूरा हो चुका है, वहां सीईओ, जिला निर्वाचन अधिकारी और निर्वाचक पंजीकरण अधिकारियों (ईआरओ) द्वारा सतत अद्यतन की प्रक्रिया के तहत उन लोगों के नाम मतदाता सूची में शामिल करने के लिए विशेष अभियान चलाया जाए, जिनका नाम एसआईआर के दौरान नहीं जुड़ पाया। युवा और पहली बार मतदान के पात्र मतदाताओं को भी इसमें शामिल किया जाए।”अर्चना पटनायक ने कहा कि प्रपत्र-छह के साथ संलग्न घोषणा पत्र का उपयोग केवल एसआईआर चरण के दौरान किया जाएगा, जबकि एसआईआर से इतर अवधि के लिए निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण नियम, 1960 के अनुसार लागू प्रपत्र का उपयोग किया जाएगा।
निवेश के नाम पर 1417 करोड़ का खेल: 35 हजार से ज्यादा लोगों से ठगी, ईडी ने तमिलनाडु से दो को किया गिरफ्तार--Investment Scam: ED Arrests Two in Rs 1417 Crore Money Laundering Case in Tamil Nadu
Tamil Nadu CM Vijay बोले- TVK जनता की सेवा के लिए राजनीति में आई, राजशाही के लिए नहीं
तमिलनाडु के मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय ने बुधवार को धारापुरम उपचुनाव में अपनी पार्टी के उम्मीदवार के लिए प्रचार करते हुए कहा कि उनकी पार्टी, 'तमिलगा वेट्री कझगम' (TVK), लोगों की सेवा करने के लिए राजनीति में आई है, न कि राजशाही या शाही शासन की सोच के साथ। धरापुरम में एक सभा को संबोधित करते हुए विजय ने कहा कि कुछ लोगों को लगता है कि पार्टी 2026 के चुनावों में जनता से मिले जनादेश को भूल गई है। इसे भी पढ़ें: Sonia Gandhi का CWC में बड़ा बयान, बोलीं- शुक्र है Nitish Kumar समय रहते INDIA Bloc से चले गए उन्होंने कहा कि कुछ लोगों को लगता है कि हम भूल गए हैं कि 2026 के चुनावों में जनता ने 'तमिलगा वेट्री कझगम' (TVK) को वोट देकर चुना था और DMK को सत्ता से बाहर कर दिया था। उन्हें अभी भी लगता है कि वे मुख्यमंत्री हैं, उनका परिवार अभी भी सत्ता में है और जनता अभी भी उनके परिवार के नियंत्रण में है। विजय ने आगे कहा कि लेकिन हमारी सोच राजशाही या शाही शासन वाली नहीं है। हम जनता के लिए और उनके प्रति अपना आभार व्यक्त करने के लिए राजनीति में आए हैं। जनता ने हम पर बहुत भरोसा किया है और हम निश्चित रूप से उस भरोसे को कायम रखेंगे। अपनी सरकार की पहलों के बारे में बात करते हुए, तमिलनाडु के मुख्यमंत्री ने कहा कि TVK सरकार के सत्ता में आने के कुछ ही समय के भीतर जनता से किए गए कई वादे पूरे किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि उनका प्रशासन भ्रष्टाचार-मुक्त और रिश्वत-मुक्त शासन व्यवस्था प्रदान करने के संकल्प के साथ काम कर रहा है। विजय ने कहा कि जिस दिन से हमारी सरकार ने कामकाज संभाला है, हम भ्रष्टाचार और रिश्वतखोरी से मुक्त प्रशासन सुनिश्चित करने के लिए पूरी प्रतिबद्धता के साथ काम कर रहे हैं। इसे भी पढ़ें: Rahul Gandhi Defamation Case: सुल्तानपुर कोर्ट में सुनवाई टली, 1 अक्टूबर को होगी अगली कार्यवाही कई योजनाओं का ज़िक्र करते हुए उन्होंने बताया कि सरकार के सत्ता में आने के बाद स्कूलों और पूजा-स्थलों के पास मौजूद 717 TASMAC शराब की दुकानें बंद कर दी गई थीं। उन्होंने आगे कहा कि 200 यूनिट तक मुफ़्त बिजली दी जा रही है, और महिलाओं की सुरक्षा के लिए सिंगप्पेन नाम की एक स्पेशल टास्क फ़ोर्स बनाई गई है, जिसके तहत 2,546 नए पद बनाए गए हैं। विजय ने यह भी बताया कि 37 ज़िलों और नौ नगर निगमों में ड्रग-रोधी यूनिटें बनाई गई हैं, और 65 टीमें ड्रग से जुड़ी गतिविधियों को रोकने के लिए काम कर रही हैं। उन्होंने बताया कि दूध की खरीद कीमत में ₹6 प्रति लीटर की बढ़ोतरी की गई है और थाइमामन थंगा मोधिरम योजना 28 सितंबर से लागू कर दी गई है।
बिना लिखित परीक्षा पाएं सरकारी नौकरी! NHM में 4,724 स्टाफ नर्स पदों पर सीधी भर्ती, जानें आखिरी तारीख
pc: abplive नेशनल हेल्थ मिशन, तमिलनाडु (NHM-TN) ने तमिलनाडु सरकार के स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग के तहत स्टाफ नर्स के 4,724 पदों पर भर्ती प्रक्रिया शुरू की है। यह भर्ती राज्य के विभिन्न जिलों में संविदा (Contractual) आधार पर की जाएगी। इच्छुक उम्मीदवारों को इसके लिए ऑफलाइन आवेदन जमा करना होगा। भर्ती से जुड़ी मुख्य बातें: कुल पद: 4,724 (स्टाफ नर्स) आवेदन की अंतिम तिथि: 25 सितंबर (शाम 5:00 बजे तक) आवेदन का तरीका: ऑफलाइन (जिला स्वास्थ्य कार्यालय या जिला स्वास्थ्य समिति में जमा करें) मासिक वेतन: ₹21,000 प्रति माह (संविदा आधार पर) चयन प्रक्रिया: बिना लिखित परीक्षा — शैक्षणिक अंक, अनुभव और मेरिट के आधार पर (डॉक्यूमेंट वेरिफिकेशन के साथ)। शैक्षणिक योग्यता व पात्रता: डिग्री/डिप्लोमा: मान्यता प्राप्त संस्थान (Indian Nursing Council से संबद्ध) से B.Sc Nursing या GNM होना अनिवार्य है। रजिस्ट्रेशन: उम्मीदवार का Tamil Nadu Nurses and Midwives Council में वैध रजिस्ट्रेशन होना आवश्यक है। किन विभागों/संस्थानों में होगी नियुक्ति? जिला स्तर पर पदों का आवंटन निम्नलिखित विभागों के अधीन आने वाले स्वास्थ्य संस्थानों में होगा: डायरेक्टरेट ऑफ पब्लिक हेल्थ एंड प्रिवेंटिव मेडिसिन डायरेक्टरेट ऑफ मेडिकल एंड रूरल हेल्थ सर्विसेज डायरेक्टरेट ऑफ मेडिकल एजुकेशन एंड रिसर्च ग्रेटर चेन्नई कॉर्पोरेशन (GCC) ऑफलाइन आवेदन कैसे करें? फॉर्म डाउनलोड करें: सबसे पहले आधिकारिक वेबसाइट nhm.tn.gov.in पर जाकर आवेदन फॉर्म और जिलावार वैकेंसी डिटेल्स डाउनलोड करें। दस्तावेज़ संलग्न करें: फॉर्म में सभी जरूरी जानकारी भरें। इसके साथ शैक्षणिक प्रमाण पत्र, नर्सिंग काउंसिल रजिस्ट्रेशन, फोटो और पहचान पत्र की कॉपियां अटैच करें। फॉर्म जमा करें: भरा हुआ आवेदन फॉर्म 25 सितंबर को शाम 5 बजे से पहले संबंधित जिले के District Health Officer (DHO) या District Health Society (DHS) के कार्यालय में पहुँचाएँ।
Tamil Nadu CM Thalapathy Vijay Temple Rule: TVK सरकार के फैसले की चर्चा जोरों पर
Tamil Nadu CM Thalapathy Vijay Temple Rule: TVK सरकार के फैसले की चर्चा जोरों पर Add Live Hindustan as your preferred source on Google.
Tamil Nadu CM Vijay ने क्या मंदिरों से दानपेटी हटाने वाले फैसला लिया, Insta Reels का पूरा सच। TVK
Tamil Nadu CM Vijay ने क्या मंदिरों से दानपेटी हटाने वाले फैसले लिया, Insta Reels का पूरा सच। TVK तमिलनाडु के मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय ने विधानसभा में कई बड़े ऐलान किए हैं
CM Vijay Thalapathy की सरकार ने महिलाओं और किसानों के लिए किए बड़े ऐलान। Tamil Nadu Assembly
तमिलनाडु के मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय ने विधानसभा में कई बड़े ऐलान किए हैं। मुख्यमंत्री व्यापक स्वास्थ्य बीमा योजना के तहत मिलने वाले सालाना स्वास्थ्य बीमा कवर को 5 लाख रुपये से बढ़ाकर 25 लाख रुपये करने की घोषणा की गई है
CM Thalapathy Vijay का फैसला, Vande Mataram से पहले Tamil Thai Valthu बजेगा। Tamil Nadu
CM Thalapathy Vijay का फैसला, Vande Mataram से पहले Tamil Thai Valthu बजेगा। Tamil Nadu
Tamil Nadu CM Vijay के खिलाफ Trisha को लेकर विपक्ष ने फिर कसा तंज। Udhayanidhi Stalin। AIADMK
तमिलनाडु की सियासत में अभिनेत्री तृषा कृष्णन का नाम लेकर बयानबाजी का विवाद एक बार फिर गरमा गया है। AIADMK के वरिष्ठ नेता आर.बी. उदयकुमार ने मुख्यमंत्री विजय पर निशाना साधते हुए तृषा को लेकर तंज कसा, जिसके बाद उनके बयान पर विवाद शुरू हो गया। तृषा के फैन्स ने भी विरोध जताया और मदुरै में पोस्टर लगाए।
अभिनेत्री से नेता बनीं और भारतीय जनता पार्टी (BJP) की सांसद कंगना रनौत ने Gen Z (युवा पीढ़ी) पर अपनी हालिया टिप्पणियों को लेकर चौतरफा घिरने के बाद अपने रुख में बड़ा बदलाव किया है। जंतर-मंतर पर CJP विरोध प्रदर्शन को लेकर विवादित बयान देने के बाद आलोचनाओं का सामना कर रहीं कंगना ने अब युवाओं की जमकर तारीफ की है और उन्हें देश की सबसे बड़ी ताकत करार दिया है। ANI के अनुसार, कंगना ने इस बात को खारिज कर दिया कि विरोध प्रदर्शनों में शामिल लोगों का एक छोटा समूह पूरी पीढ़ी का प्रतिनिधित्व करता है। उन्होंने कहा, यह सच नहीं है कि विरोध प्रदर्शनों के दौरान गाली-गलौज करने वाले केवल 10-15 लोग ही Gen Z का प्रतिनिधित्व करते हैं। कंगना रनौत ने Gen Z पर अपना रुख बदला, उन्हें देश की 'सबसे बड़ी ताकत' बताया। उन्होंने आगे कहा, हमारी सरकार इतने लंबे समय से Gen Z के जनादेश के कारण सत्ता में है... यह सच नहीं है कि विरोध प्रदर्शनों के दौरान गाली-गलौज करने वाले केवल 10-15 लोग ही Gen Z का प्रतिनिधित्व करते हैं। आज, झारखंड में बैठकर विरोध प्रदर्शन कर रहे छात्र शांतिपूर्वक और जिम्मेदारी से व्यवहार कर रहे हैं। देश के कई युवा जो मेडल जीतकर लौटे हैं, उन्होंने उन्हें प्रधानमंत्री और देश को समर्पित किया है। इसे भी पढ़ें: Tamil Nadu CM Vijay Sanghita Divorce | विजय की पत्नी संगीता ने वापस ली तलाक की अर्जी, कोर्ट ने मामले को किया निपटाया उन्होंने कहा, कुछ ही लोग हैं जो Gen Z की छवि खराब कर रहे हैं। Gen Z हमारी सबसे बड़ी ताकत है, और हमें अपनी पीढ़ी पर गर्व है। Gen Z पर टिप्पणी को लेकर कंगना रनौत को ऑनलाइन आलोचना का सामना करना पड़ा। जानकारी के लिए बता दें कि 'तनु वेड्स मनु' की एक्ट्रेस ने हाल ही में CJP विरोध प्रदर्शन पर अपनी आपत्ति जताते हुए एक पोस्ट शेयर किया था, जिससे विवाद खड़ा हो गया था। इसके बाद उन्हें ऑनलाइन आलोचना का सामना करना पड़ा, जिसमें सोशल मीडिया यूज़र्स ने उनकी फिल्मों में निभाए गए कुछ किरदारों के क्लिप शेयर किए। कंगना ने आलोचना का जवाब देते हुए कहा कि लोग स्क्रीन पर उनके निभाए गए किरदारों की तुलना असल ज़िंदगी में युवाओं के व्यवहार से गलत तरीके से कर रहे थे। इसे भी पढ़ें: Instagram Username से पति का सरनेम हटाना चाहती हैं Akanksha Chamola, नियमों के कारण फंसा पेंच ऑनलाइन आलोचना तब शुरू हुई जब उन्होंने जंतर-मंतर पर हुए विरोध प्रदर्शन के वीडियो पर टिप्पणी की, जिसमें उन्होंने प्रदर्शनकारियों को गंदगी, कचरा और बदसूरती का प्रदर्शन बताया था। कंगना रनौत का हालिया काम काम की बात करें तो, कंगना रनौत हाल ही में मनोज तापड़िया द्वारा निर्देशित 'भारत भाग्य विधाता' में नज़र आई थीं। यह फिल्म, जो 12 जून, 2026 को सिनेमाघरों में रिलीज़ हुई थी, आखिरकार अपनी OTT रिलीज़ की तारीख पा चुकी है। यह फ़िल्म 14 अगस्त, 2026 से Zee5 प्लेटफ़ॉर्म पर रिलीज़ होगी। इसके बाद वह अपनी हिट फ़िल्म 'क्वीन' (जो 2014 में रिलीज़ हुई थी) के सीक्वल में नज़र आएँगी। Read LatestNational News in Hindi only on Prabhasakshi
तमिलनाडु के मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय और उनकी पत्नी संगीता के बीच चल रहे तलाक के बहुचर्चित कानूनी विवाद में एक नया मोड़ आया है। संगीता ने चेंगलपट्टू जिला अदालत में दाखिल अपनी तलाक की अर्जी वापस ले ली है। अर्जी वापस लिए जाने के बाद अदालत ने इस मामले का औपचारिक रूप से निपटारा कर दिया है। विजय और संगीता के तलाक के मामले से जुड़ी घटनाएँ संगीता ने फरवरी में तलाक के लिए अर्जी दाखिल की थी। अपनी अर्जी में उन्होंने आरोप लगाया कि विजय का एक महिला अभिनेत्री के साथ एक्स्ट्रा-मैरिटल अफेयर (विवाह-बाहर संबंध) था, जिसके बारे में उन्हें 2021 में पता चला। अर्जी में यह भी कहा गया कि विजय के यह भरोसा दिलाने के बावजूद कि वह रिश्ता खत्म कर देंगे, उन्होंने बिना किसी पछतावे के इसे जारी रखा। दस्तावेजों में यह भी आरोप लगाया गया कि विजय ने धीरे-धीरे संगीता को अपनी सामाजिक और पेशेवर ज़िंदगी से दूर कर दिया, जबकि वे उस अभिनेत्री के साथ विदेश यात्राएँ करते रहे और सार्वजनिक कार्यक्रमों में शामिल होते रहे। अर्जी में यह भी दावा किया गया कि इन मौकों की तस्वीरें सोशल मीडिया पर नियमित रूप से शेयर की जाती थीं, और विजय ने न तो उनसे इनकार किया और न ही उन पर कोई आपत्ति जताई। संगीता के अनुसार, इन पोस्ट्स की वजह से उन्हें और उनके दो बच्चों, जेसन संजय और दिव्या साशा को बार-बार शर्मिंदगी का सामना करना पड़ा। उन्होंने विजय पर उन्हें पहले मिलने वाली आर्थिक मदद और सुविधाओं को बंद करने और उन पर आर्थिक प्रतिबंध लगाने का भी आरोप लगाया, जिसमें उनकी घूमने-फिरने की आज़ादी पर रोक लगाना भी शामिल था। संगीता ने आगे आरोप लगाया कि विजय के लगातार व्यवहार और 2024 में सोशल मीडिया पर सामने आए विवादों के कारण उन्हें गहरा मानसिक आघात पहुँचा। उन्होंने दावा किया कि उनकी शादी असल में टूट चुकी थी और सिर्फ़ कागज़ों पर ही बची थी। अपनी अर्जी में उन्होंने कहा कि रिश्ता अब सुधरने लायक नहीं रहा और इससे उन्हें मानसिक पीड़ा, अपमान, शर्मिंदगी और तकलीफ़ के अलावा कुछ नहीं मिला। तलाक की अर्जी तमिलनाडु विधानसभा चुनाव से पहले दाखिल की गई थी। हालाँकि, चुनाव जीतने और मुख्यमंत्री बनने के बाद विजय की पत्नी संगीता ने अर्जी वापस लेने का फ़ैसला किया। विजय और संगीता के तलाक के मामले के बारे में और जानकारी जून 2026 में, चेंगलपट्टू परिवार कल्याण अदालत ने विजय और संगीता के तलाक के मामले की सुनवाई की। सुनवाई के बाद, अदालत ने मामले को 7 अगस्त तक के लिए टाल दिया था। सुनवाई से पहले के हफ़्तों में, ऐसी खबरें आई थीं कि शायद यह जोड़ा सुलह की ओर बढ़ रहा है। इस बात पर भी अटकलें लगाई जा रही थीं कि वे कोर्ट में वर्चुअली पेश होंगे या खुद आएंगे। संगीता ने पारिवारिक घर में रहना जारी रखने की मांग की इस साल की शुरुआत में, संगीता ने चेंगलपट्टू की ज़िला अदालत में एक अर्ज़ी दायर की। इसमें उन्होंने चेन्नई के नीलांकरई में मौजूद अपने पारिवारिक घर में तब तक रहने की इजाज़त मांगी, जब तक कि तलाक की कार्यवाही पूरी न हो जाए। 22 फरवरी को दी गई यह अर्ज़ी, स्पेशल मैरिज एक्ट, 1954 के तहत दायर उनकी मुख्य तलाक की याचिका का हिस्सा थी। शादी खत्म करने की मांग के साथ-साथ, उन्होंने स्थायी गुजारा-भत्ता (एलिमनी) और नीलांकरई वाले घर में तब तक रहने का अधिकार भी मांगा, जब तक कि मामले का फैसला न हो जाए या उन्हें उसी स्तर का कोई दूसरा घर न मिल जाए। इसे भी पढ़ें: Instagram Username से पति का सरनेम हटाना चाहती हैं Akanksha Chamola, नियमों के कारण फंसा पेंच अपनी अर्ज़ी में संगीता ने कहा कि उनकी और विजय की शादी को 26 साल हो चुके हैं और उन्होंने अपना जीवन घर संभालने और अपने दो बच्चों - 25 साल के जेसन संजय और 20 साल की दिव्या साशा - की परवरिश में लगाया है। उन्होंने तर्क दिया कि शादी के दौरान वे विजय की जीवनशैली के हिसाब से रहीं और उनके पास ऐसा कोई दूसरा घर नहीं है जो उस जीवनशैली के स्तर का हो। याचिका में विजय की एक प्रमुख तमिल अभिनेता और भारत के चुनाव आयोग द्वारा मान्यता प्राप्त राजनीतिक पार्टी 'तमिलगा वेट्री कज़गम' (TVK) के संस्थापक के तौर पर उनकी सार्वजनिक पहचान का भी ज़िक्र किया गया। संगीता के अनुसार, कोर्ट जाने से पहले उन्होंने मामले को आपसी सहमति से सुलझाने की कोशिश की थी, लेकिन वे कोशिशें नाकाम रहीं। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि विजय के वकील ने उन्हें बताया कि अगर वे तलाक के लिए आगे बढ़ती हैं, तो उन्हें नीलांकरई वाले घर में रहने की इजाज़त नहीं दी जाएगी, जिससे उन्हें अपना घर खोने की चिंता सताने लगी। इसे भी पढ़ें: The Odyssey India Box Office | क्रिस्टोफर नोलन की 'द ओडिसी' का जलवा कायम! तीसरे हफ्ते में बटोरे ₹29 करोड़, जल्द पार करेगी ₹200 करोड़ का आंकड़ा बायोमेडिकल साइंस में डिग्री रखने वालीं और यूके की नागरिक संगीता ने कहा कि फिलहाल उनके पास रहने के लिए कोई उपयुक्त वैकल्पिक जगह नहीं है। इसलिए, उन्होंने एक अंतरिम आदेश की मांग की ताकि वे कोर्ट का अंतिम फैसला आने तक सभी मौजूदा सुविधाओं के साथ नीलांकरई वाले घर में रह सकें। यह घर विजय के सार्वजनिक और राजनीतिक जीवन से गहराई से जुड़ा होने के कारण भी महत्वपूर्ण है। विजय अभी तमिलनाडु के मुख्यमंत्री हैं। शपथ ग्रहण समारोह के दौरान उनकी अक्सर साथ काम करने वालीं को-स्टार त्रिशा कृष्णन भावुक नज़र आईं। Entertainment News Hindi Todayonly at Prabhasakshi

