भिवानी के गांव देवसर धान स्थित माता रानी के मंदिर में नवरात्रों के दिनों में काफी संख्या में श्रद्धालु पहुंच रहे हैं। सुरक्षा के लिहाज से पूरे मंदिर परिसर को सीसीटीवी कैमरों के जरिए कवर किया है। वहीं पुलिस की भी सुरक्षा लगाई गई है। ताकि किसी भी अप्रिय घटना को होने से पहले रोका जा सके। बता दें कि चैत्र नवरात्र 19 मार्च से आरंभ हुए थे, जो 27 मार्च तक जारी रहेंगे। चैत्र नवरात्रि पर देवसर धाम मंदिर में भक्ति का अद्भुत माहौल देखने को मिल रहा है। सुबह से ही श्रद्धालुओं की कतारें मंदिर में दर्शन के लिए लगने लगती हैं। मंदिर को रंग-बिरंगी लाइटों और फूलों से भव्य रूप से सजाया गया है। श्रद्धालुओं की बढ़ती भीड़ को देखते हुए प्रशासन द्वारा सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं। पुलिस बल तैनात है और व्यवस्था को सुचारू बनाए रखने के लिए विशेष प्रबंध किए गए हैं। 733 साल पुराना है देवसर धाम का इतिहासविक्रम पुजारी ने बताया कि देवसर धाम का इतिहास लगभग 733 साल पुराना है। इसकी शुरुआत एक बंजारे द्वारा मां दुर्गा की मूर्ति को पहाड़ी से निकालकर स्थापित करने से हुई थी। कहा जाता है कि एक बंजारा अपनी गायों के साथ इस क्षेत्र से गुजर रहा था, जब उसकी गायें खो गईं। रात में देवी मां ने उसे सपने में दर्शन देकर पहाड़ी में दबी मूर्ति को स्थापित करने को कहा। मूर्ति स्थापित करने के बाद उसकी गायें वापस मिल गईं। तभी से यह स्थान पूजनीय बन गया। 120 कर्मचारी तैलातदेवसर मंदिर धाम के ट्रस्टी पप्पू पुजारी ने बताया कि सुरक्षा के लिए सभी प्रबंध किए गए हैं। वहीं प्रशासन ने 120 कर्मचारियों की ड्यूटी लगाई गई है। वहीं आतापकालीन द्वार भी बनाया गया हे। इसके अलावा पूरे मेला ग्राउंड में पानी की व्यवस्था की गई हे। जिसके लिए 2 लाख लीटर का होद बनवा दिया है। यहां पर लोग दूर-दूर से पूजा अर्चना के लिए आती है। इसके अलावा सीसीटीवी कैमरे भी लगाए गए हैं।
भारत की बड़ी विमान कंपनियां इंडिगो, एअर इंडिया और स्पाइस जेट ने 60 % सीटों पर एक्सट्रा चार्ज ना वसूलने का सरकार के फैसले विरोध किया है। एयरलाइंस का कहना है कि इस कदम से उन्हें अपनी खोई हुई कमाई की भरपाई के लिए हवाई किराया बढ़ाने पर मजबूर होना पड़ेगा। तीनों एयरलाइंस का प्रतिनिधित्व करने वाली फेडरेशन ऑफ इंडियन एयरलाइंस (FIA) ने सिविल एविएशन मिनिस्ट्री से इस फैसले को वापस लेने का आग्रह किया है। फेडरेशन ने कहा... इस निर्देश का एयरलाइंस पर वित्तीय प्रभाव काफी अधिक होगा। इसके परिणामस्वरूप, सभी यात्रियों को, जिनमें वे लोग भी शामिल हैं जो शायद पहले से सीटें नहीं चुनना चाहते, उन्हें भी अधिक किराया देना पड़ेगा। दरअसल, मिनिस्ट्री ने बुधवार को भारत में हवाई यात्रा को ज्यादा सुविधाजनक बनाने के लिए नए नियम जारी किए थे। नए आदेश के मुताबिक एयरलाइंस की हर फ्लाइट में कम से कम 60% सीटें बिना किसी एक्स्ट्रा चार्ज के बुक होंगी। ये निर्देश घरेलू फ्लाइट्स पर लागू होंगे। FIA ने और क्या कहा… अभी 20% सीटें ही बिना चार्ज बुक होती हैं मौजूदा नियमों में पैसेंजर्स के लिए 20% सीटें ही बिना एक्स्ट्रा चार्ज दिए बुक की जा सकती हैं, जबकि बाकी सीटों के लिए भुगतान करना पड़ता है। ये कदम इसलिए उठाए गए हैं क्योंकि एयरलाइंस सीट चुनने समेत कई सर्विसेस के लिए बहुता ज्यादा शुल्क वसूल रही हैं। रिपोर्ट्स के मुताबिक अभी एयरलाइंस पंसद की सीटें चुनने पर 500 से 3000 रुपए तक एक्स्ट्रा चार्ज करती हैं। इसके अलावा एक ही PNR (बुकिंग रेफरेंस) पर यात्रा करने वाले यात्रियों को एक साथ बिठाया जाएगा या उन्हें आस-पास की सीटें दी जाएंगी। एडिशनल चार्जेस को सवाल-जवाब में समझिए सवाल: क्या अब सीट चुनने के लिए ज्यादा पैसे देने होंगे? जवाब: नहीं, अब फ्लाइट की कम से कम 60% सीटें फ्री होंगी, यानी आपको हर बार सीट के लिए अतिरिक्त पैसे नहीं देने पड़ेंगे। सवाल: क्या परिवार या साथ यात्रा करने वाले लोग अलग-अलग बैठेंगे? जवाब: नहीं, अगर आपकी बुकिंग एक ही PNR पर है, तो आपको साथ या पास-पास सीट दी जाएगी। सवाल: क्या खेल का सामान या म्यूजिकल इंस्ट्रूमेंट ले जाना आसान होगा? जवाब: हां, अब इसके लिए स्पष्ट और आसान नियम बनाए जाएंगे, जिससे आपको पहले से पता रहेगा क्या करना है। सवाल: क्या पालतू जानवर (pet) साथ ले जा सकते हैं? जवाब: हां, लेकिन नियम के साथ। एयरलाइंस को इसके लिए साफ पॉलिसी बतानी होगी, ताकि कोई कन्फ्यूजन न रहे। सवाल: अगर फ्लाइट लेट या कैंसिल हो जाए तो क्या मिलेगा? जवाब: आपको अधिकार मिलेंगे, जैसे- रिफंड, दूसरी फ्लाइट या वेटिंग रूम, जो नियम में तय है। सवाल: मुझे अपने अधिकार कैसे पता चलेंगे? जवाब: अब आसानी से एयरलाइंस को वेबसाइट, एप और एयरपोर्ट पर स्पष्ट जानकारी दिखानी होगी। 'प्रेफर्ड सीट' के नाम पर एक्स्ट्रा चार्ज नहीं ले सकेंगी एयरलाइंस अक्सर देखा जाता है कि टिकट बुकिंग के बाद जब यात्री वेब चेक-इन करते हैं, तो उन्हें फ्री सीट के नाम पर केवल 20% ऑप्शन ही मिलते थे। बाकी सीटों के लिए कंपनियां 'प्रेफर्ड सीट' के नाम पर भारी वसूली करती थीं। DGCA के नए आदेश के मुताबिक, अब हर फ्लाइट में 60% सीटें ऐसी होनी चाहिए, जिन्हें यात्री बिना किसी एक्स्ट्रा चार्ज के चुन सकें। -------------- ये खबर भी पढ़ें… एयर टिकट बुकिंग 48 घंटे में कैंसिल की तो फुल-रिफंड:फ्लाइट से 7 दिन पहले बुकिंग जरूरी, DGCA के नए नियम; जानें बदलाव नागरिक उड्डयन महानिदेशालय (DGCA) ने 26 फरवरी को हवाई यात्रा के टिकट रिफंड और कैंसिल करने से जुड़े नियमों में बदलाव किया है। नए नियमों के मुताबिक, अब टिकट बुक करने के 48 घंटे के भीतर कैंसिल या बदलाव करने पर एक्स्ट्रा चार्ज नहीं लगेगा, यानी टिकट का पूरा अमाउंट रिफंड किया जाएगा। पूरी खबर पढ़ें…
मौसा को दोबारा घटनास्थल ले गई पुलिस:24 घंटे बाद भी नहीं सुलझी किशोरी की मौत की गुत्थी
लखनऊ के मड़ियांव इलाके में 17 वर्षीय किशोरी की संदिग्ध मौत का मामला उलझता जा रहा है। घटना के 24 घंटे बाद भी पुलिस किसी ठोस निष्कर्ष तक नहीं पहुंच सकी है। शुक्रवार को पुलिस टीम आरोपी मौसा को दोबारा घटनास्थल पर लेकर पहुंची और पूरे घटनाक्रम को रीक्रिएट कर साक्ष्य जुटाए। पुलिस ने मौसा के बयान के आधार पर रूट चार्ट तैयार कर आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज भी खंगाली, लेकिन अभी तक कोई अहम सुराग हाथ नहीं लगा है। मामले में लगातार दूसरे दिन भी मौसा से पूछताछ जारी है। बताया जा रहा है कि मड़ियांव के दाउद नगर में रहने वाली किशोरी अपने माता-पिता के बिना मौसी और भाई के साथ रहती थी। बुधवार रात वह मौसा के साथ दवा लेने निकली थी। घर से निकलने के करीब 45 मिनट बाद मौसा ने फोन कर भाई को बताया कि पीपे वाले पुल के पास कार सवारों ने किशोरी का अपहरण कर लिया है। परिजन मौके पर पहुंचे तो मौसा नशे की हालत में मिला। तलाश के दौरान किशोरी के कपड़े और चप्पल झाड़ियों में मिले। करीब 12 घंटे बाद एसडीआरएफ टीम ने गोमती नदी से किशोरी का अर्धनग्न शव बरामद किया। शुरुआती जांच में मौसा पर दुष्कर्म के बाद हत्या का शक जताया गया था, लेकिन पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में मौत का कारण डूबना बताया गया है। वहीं दुष्कर्म की आशंका को लेकर सैंपल जांच के लिए भेजे गए हैं। मड़ियांव थाना प्रभारी शिवानंद मिश्रा के मुताबिक, मौसा को दोबारा घटनास्थल पर ले जाकर बयान दर्ज किए गए हैं। फिलहाल उससे गहन पूछताछ की जा रही है और हर एंगल से जांच जारी है।
हम तुम क्रेकर्स बिस्कुट में सल्फाइट की जहरीली मात्रा, सरकार ने बैन किया
बिहार के नामी गिरामी बिस्कुट ब्रांड सोबिस्को के हम तुम क्रेकर्स का स्वाद अगर पसंद है तो इससे परहेज करें। स्वास्थ्य विभाग की जांच में इसमें सल्फाइट रसायन की जहरीली मात्रा पाई गई है। इसलिए बिहार सरकार के खाद्य संरक्षा आयुक्त लोकेश कुमार ने इसे बाजार से वापस लेने के आदेश दिए हैं। स्वास्थ्य विभाग ने फिलहाल यह कार्रवाई केवल 15 दिनों के लिए की है। आगे और भी कड़े प्रतिबंध या कार्रवाई की तैयारी की जा रही है। हाजीपुर इंडस्ट्रियल एरिया में स्थित सोना बिस्किट्स लिमिटेड हम तुम क्रैकर्स का उत्पादन करती है। जम्मू-कश्मीर सरकार ने इसकी बिक्री पर पहले ही प्रतिबंध लगा दिया था। जम्मू-कश्मीर सरकार ने बिहार सरकार से भी इस दिशा में कदम उठाने का आग्रह किया। इसके बाद कई शहरों से बिस्कुट के नमूने इकट्ठा किए गए।
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने वाराणसी के चर्चित हत्याकांड मामले में आरोपी महेश उर्फ मुन्ना यादव की दोषसिद्धि और उम्रकैद की सजा को बरकरार रखा है। यह आदेश न्यायमूर्ति चंद्र धारी सिंह एवं न्यायमूर्ति देवेंद्र सिंह प्रथम की खंडपीठ ने सत्र न्यायालय वाराणसी के 27 जून 2016 के फैसले की पुष्टि करते हुए दिया है। सेशन कोर्ट ने अपीलार्थी को आईपीसी की धारा 302 और आर्म्स एक्ट की विभिन्न धाराओं के तहत दोषी ठहराया था। मामले के तथ्यों के अनुसार 16 मार्च 2014 की रात वाराणसी के भेलूपुर थानाक्षेत्र के महमूरगंज इलाके में भूमि विवाद को लेकर हुई गोलीबारी में भोला यादव और विनोद यादव की मृत्यु हो गई थी। अभियोजन पक्ष के अनुसार घटना की रात आरोपी अपने साथियों के साथ भोला यादव के घर पहुंचा और जमीन के विवाद को लेकर गाली-गलौज शुरू कर दी। भोला यादव ने इसका विरोध किया तो अन्य सह अभियुक्तों के उकसाने पर महेश उर्फ मुन्ना यादव ने पिस्टल से अंधाधुंध फायरिंग की। फायरिंग में भोला यादव व बीच बचाव करने आए विनोद यादव को गंभीर चोटें आईं और अस्पताल में इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। पुलिस ने घटना के अगले ही दिन एफआईआर दर्ज की और विवेचना के दौरान आरोपी के पास से हत्या में प्रयुक्त पिस्टल और कारतूस बरामद किए। गवाह रिश्तेदार थे जो मुकर गए अपीलार्थी के अधिवक्ता ने अपनी बहस में कहा कि चश्मदीद गवाह मृतक के परिजन थे। वे बयानों से मुकर गए हैं और उन्हें पक्षद्रोही घोषित किया गया है। यह भी तर्क दिया कि दोनों मृतकों के शरीर पर मिले घावों के आकार अलग-अलग थे, जो दो अलग-अलग हथियारों के इस्तेमाल की ओर इशारा करते हैं। कोर्ट ने इन तर्कों को खारिज करते हुए स्पष्ट किया कि अन्य साक्ष्य विश्वसनीय हों तो केवल गवाहों के मुकरने से पूरा मामला खत्म नहीं हो जाता। फॉरेंसिक साइंस लेबोरेटरी की रिपोर्ट पर भरोसा जताया कोर्ट ने फॉरेंसिक साइंस लेबोरेटरी की रिपोर्ट पर भरोसा जताया, जिसने पुष्टि की थी कि मौके से बरामद खाली कारतूस आरोपी से जब्त की गई पिस्टल से ही चलाए गए थे। कोर्ट ने कहा कि घटना के तुरंत बाद दर्ज कराई गई एफआईआर किसी भी तरह की साजिश की संभावना को खत्म करती है। साथ ही आरोपी का पुलिस को देखकर भागने का प्रयास करना और उसके पास से हथियार की बरामदगी भारतीय साक्ष्य अधिनियम की धारा 8 के तहत मजबूत परिस्थितिजन्य साक्ष्य है। कोर्ट ने माना कि भूमि विवाद के रूप में हत्या का मकसद पूरी तरह स्थापित था। इन तथ्यों और वैज्ञानिक साक्ष्यों के आधार पर हाईकोर्ट ने अपील खारिज कर दी और कहा कि अभियुक्त जेल में अपनी शेष सजा काटेगा।
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने राज्य सरकार के अधिवक्ता कार्यालय में चार साल पहले लगी आग में जली फाइलों का पुनर्निर्माण नहीं करने और प्रमुख सचिव विधि एवं न्याय उ प्र को इस स्पष्टीकरण के साथ 25 मार्च को हाजिर होने का निर्देश दिया है। हाईकोर्ट ने पूछा कि जली फाइलों के पुनर्निर्माण के लिए फोटो स्टेट मशीनों को फिर से चालू क्यों नहीं किया जा सका। कोर्ट ने कहा सरकारी अधिवक्ता कार्यालय प्रयागराज में चार साल पहले लगी आग से हजारों फाइलें जल गई थी। लापरवाही भरे रवैए के कारण जिनका पुनर्निर्माण नहीं किया जा सका और केस की सुनवाई नहीं हो पा रही। यह आदेश न्यायमूर्ति सरल श्रीवास्तव तथा न्यायमूर्ति सुधांशु चौहान की खंडपीठ ने संतोष कुमार सिंह की याचिका की सुनवाई करते समय सरकारी फाइल न होने के उत्पन्न स्थिति को देखते हुए दिया है। स्थायी अधिवक्ता ने कहा-फाइल नहीं आई कोर्ट ने मुख्य स्थाई अधिवक्ता मनोज कुमार सिंह को बुलाया और पूछा कि यह तीसरे राउंड की याचिका है। लंबे समय बाद केस सुनवाई के लिए लगा है। याची अधिवक्ता प्रतीक जे नागर ने बहस की। जब सरकार की बारी आई तो स्थाई अधिवक्ता ने कहा फाइल नहीं आई है, सुनवाई टाली जाय। मुख्य स्थाई अधिवक्ता ने कोर्ट को बताया कि सरकारी कार्यालय की फोटोस्टेट मशीनें हाईकोर्ट परिसर में लगी थी। हाईकोर्ट के आदेश पर उन्हें वहां से हटा दिया गया। इस कारण जली फाइलों का पुनर्निर्माण नहीं हो पा रहा है। कोर्ट ने कहा यह समझ से परे है कि प्रमुख सचिव विधि सरकारी कार्यालय का प्रबंधन किस तरह से कर रहे हैं। फोटो स्टेट मशीन हटाई गई तो उसे अन्यत्र क्यों नहीं लगाया गया। ताकि फाइलों का पुनर्निर्माण किया जाय। कोर्ट ने कहा आये दिन ऐसा हो रहा है फाइल न होने से सुनवाई टल रही है। आग लगे चार साल बीते फिर भी जली फाइलों का पुनर्निर्माण नहीं किया जा सका। याचिका की सुनवाई 25 मार्च को होगी।
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने नोएडा में इंजीनियर युवराज मेहता की पानी भरे गड्ढे में मौत के मामले में लंबित जनहित याचिका पर सुनवाई करते हुए एनडीआरएफ, एसडीआरएफ, पुलिस विभाग, नोएडा स्थानीय प्रशासन और अग्निशमन विभाग को निर्देश दिया है कि आपदा प्रबंधन पर प्रस्तावित सुझावों से अवगत कराएं ताकि आपदा जैसी स्थितियों के लिए एक स्वीकार्य योजना तैयार की जा सके। इसमें विभिन्न एजेंसियों के बीच समन्वय और त्वरित प्रतिक्रिया (रिस्पॉन्स) भी शामिल है। कोर्ट ने एनडीआरएफ और एसडीआरएफ के वकीलों से यह भी पूछा कि सूचना मिलने के बाद उनकी तैयारी के लिए न्यूनतम आवश्यक समय क्या है। इंजीनियर की मौत से उठे सवाल न्यायमूर्ति एमसी त्रिपाठी एवं न्यायमूर्ति कुणाल रवि सिंह की खंडपीठ ने मामले में अगली सुनवाई के लिए एक अप्रैल की तारीख तय की है। यह आदेश 27 वर्षीय युवराज मेहता की कार 16 जनवरी को नोएडा के सेक्टर 150 में एक निर्माणाधीन स्थल पर पानी से भरे गड्ढे में गिरने से डूब गई थी और डूबने के कारण युवराज मेहता की मौत हो गई। आरोप है कि खराब स्टॉर्म वॉटर मैनेजमेंट के कारण वहां गहरा गड्ढा बन गया था और विज़टाउन प्लानर्स के नियंत्रण वाला यह स्थल वर्षों से अविकसित पड़ा था। कोर्ट ने 17 मार्च के आदेश में कहा था कि नोएडा के जवाबी हलफनामे के मुताबिक छह फरवरी को विभिन्न दोषी बिल्डरों को तीन दिनों के भीतर खामियां सुधारने के नोटिस जारी किए गए थे लेकिन हलफनामा इस पर पूरी तरह मौन है कि क्या उपचारात्मक कदम उठाए गए और क्या नोएडा ने वास्तव में उन कदमों का सत्यापन किया। कोर्ट ने कहा-हलफनामा साफ नहीं है कोर्ट ने आगे कहा किे हलफनामे में यह स्पष्ट नहीं है कि नोएडा में आपातकालीन स्थितियों से निपटने और विभिन्न एजेंसियों के बीच समन्वय के लिए कोई नोडल अधिकारी नामित है या नहीं। जब घटना का सीधा प्रसारण (लाइव ब्रॉडकास्ट) हो रहा था, तब नोएडा का कौन सा अधिकारी मौके पर पहुंचा, इसका भी उल्लेख नहीं है। कोर्ट ने टिप्पणी की कि घटना के समय राज्य सरकार के पास सूचना की कोई कमी नहीं थी, क्योंकि मृतक के पिता ने तुरंत डिस्ट्रेस कॉल की थी। पुलिस और पेट्रोलिंग टीम भी पहुंच गई थी। दमकल विभाग, एसडीआरएफ और एनडीआरएफ भी वहां पहुंच चुके थे। डूबने से पहले पर्याप्त समय था जिसमें बचाव का प्रयास किया जा सकता था। रिकॉर्ड के अनुसार एसडीआरएफ और एनडीआरएफ की विशेषज्ञ टीमें साइट पर मौजूद थीं फिर भी अब तक उनकी ओर से कोई जवाब दाखिल नहीं किया गया है।
मध्यप्रदेश हाईकोर्ट ने छिंदवाड़ा कलेक्टर द्वारा पारित दंड आदेश अनुचित पाते हुए रद्द कर दिया। कोर्ट ने कहा कि कलेक्टर ने तथ्यों की जाँच किए बिना ही खनन अधिकारी की रिपोर्ट को आँख मूंद करके स्वीकार कर लिया और असंबंधित व्यक्ति पर गलत तरीके से दोष मढ़ दिया। आईएएस अधिकारी के आचरण पर कड़ी नाराजगी व्यक्त करते हुए कोर्ट ने 50 हजार रुपए का जुर्माना लगाया, जिसे दोषी अधिकारियों से वसूल कर याचिकाकर्ता को भुगतान करना है। छिंदवाड़ा निवासी सारंग रघुवंशी ने छिंदवाड़ा कलेक्टर के जुर्माने के आदेश को चुनौती देते हुए एक याचिका दायर की थी। याचिका में कहा गया कि राजस्व कार्यालय ने वैधानिक प्राधिकरण या आवश्यक दस्तावेज़ों के बिना अवैध रूप से सामग्री परिवहन कर रहे एक ट्रक को जब्त किया। खनन निरीक्षक द्वारा अंतिम रिपोर्ट के साथ एक पंचनामा तैयार किया गया और अभियोग के लिए दस्तावेज कलेक्टर को सौंप दिए गए। याचिकाकर्ता को कारण बताओ नोटिस प्राप्त हुआ और उसने जवाब दाखिल करते हुए कहा कि वह ट्रक का मालिक नहीं है। याचिकाकर्ता के जवाब पर विचार नहीं किया गया और 27 जनवरी, 2025 को ट्रक को जब्त करने का निर्देश पारित किया गया। न्यायालय ने पाया कि खनन अधिकारी ने ट्रक के मालिक का पता लगाने और उसके बयान दर्ज करने का कोई प्रयास नहीं किया, बल्कि ट्रक चालक राजेश के बयान पर भरोसा किया। जस्टिस विवेक रुसिया की कोर्ट ने पाया कि याचिकाकर्ता को गलत तरीके से वाहन का मालिक माना गया और उस पर दायित्व थोपा गया।
हमीदिया अस्पताल में जिंदा नवजात को बताया मृत:एक हफ्ते में यह दूसरा मामला, परिजनों का हंगामा
भोपाल के हमीदिया अस्पताल में एक बार फिर नवजात को मृत घोषित करने के बाद उसमें हरकत दिखने का मामला सामने आया है, जिससे अस्पताल में विवाद की स्थिति बन गई। शुक्रवार को 6 माह की गर्भवती महिला की इमरजेंसी डिलीवरी के बाद बच्चे को मृत बताया गया, लेकिन कुछ देर बाद धड़कन जैसे संकेत मिलने पर परिजन आक्रोशित हो गए। इससे पहले भी इसी तरह का बुधवार को मामला सामने आ चुका है, जिसमें मृत घोषित बच्ची में सांस चलने का दावा किया गया था। हमीदिया अस्पताल में परिजनों का देर रात 12 बजे तक हंगामा होता रहा। वहीं, डॉक्टरों का कहना है कि यह अत्यंत प्रीमेच्योर ‘एबॉर्टस’ केस था, जिसमें ऐसी स्थिति संभव होती है। इमरजेंसी डिलीवरी के बाद मृत घोषित किया नवजात जानकारी के अनुसार, शुक्रवार दोपहर करीब 4 बजे मानताशा नाम की महिला हमीदिया अस्पताल के ब्लॉक 2 में गंभीर हालत में पहुंची। महिला लगभग 6 महीने की गर्भवती थी और अस्पताल पहुंचने के समय ही शिशु का सिर बाहर आ चुका था। स्थिति को देखते हुए डॉक्टरों ने तुरंत लेबर रूम में भर्ती कर इमरजेंसी डिलीवरी कराई। डिलीवरी के बाद परिजनों को बताया गया कि बच्चा मृत पैदा हुआ है। लेकिन कुछ समय बाद नवजात में हलचल जैसी स्थिति दिखने लगी, जिससे परिजनों में आक्रोश फैल गया और अस्पताल परिसर में हंगामा शुरू हो गया। हंगामे के बाद पुलिस को बुलाना पड़ा परिजनों के हंगामे को देखते हुए अस्पताल प्रबंधन ने सुरक्षा व्यवस्था बढ़ाई और कोहेफिजा थाने से टीआई के.जी. शुक्ला को मौके पर बुलाया गया। पुलिस ने पहुंचकर परिजनों को समझाने का प्रयास किया और स्थिति को नियंत्रित किया। अस्पताल प्रशासन ने तत्काल मामले को शांत कराने की कोशिश की, लेकिन घटना ने एक बार फिर अस्पताल की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े कर दिए हैं। पहले भी सामने आ चुका है ऐसा मामला हमीदिया अस्पताल में इससे पहले भी इसी तरह का विवाद बुधवार को सामने आया था। उस मामले में एक नवजात को मृत घोषित कर मृत्यु प्रमाण पत्र दे दिया गया था। परिजनों का दावा था कि जब वे करीब चार घंटे बाद एनआईसीयू में शव लेने पहुंचे, तो बच्ची में सांस चल रही थी। उन्होंने इसका वीडियो भी बनाया, जिसमें नवजात का पेट हिलता नजर आया। इस घटना के बाद भी अस्पताल प्रबंधन की कार्यप्रणाली पर सवाल उठे थे और अब दोबारा सामने आए मामले ने चिंता और बढ़ा दी है। अस्पताल के डॉक्टरों का कहना है कि ऐसे मामलों में नवजात अत्यंत प्रीमेच्योर होता है। जानकारी के अनुसार, पहले सामने आए मामले में बच्ची का वजन लगभग 450 ग्राम था, जो सामान्य से काफी कम है। डॉक्टरों के मुताबिक, जन्म के समय स्टेथोस्कोप से जांच में हार्टबीट नहीं मिली थी। ऐसी स्थिति में प्रोटोकॉल के तहत नवजात को मृत माना जाता है और आगे की प्रक्रिया की जाती है। ये खबर भी पढ़ें… नवजात की सांसें चल रही थीं, दे दिया डेथ सर्टिफिकेट भोपाल के हमीदिया अस्पताल में एक नवजात को मृत घोषित किए जाने के चार घंटे बाद उसकी सांसें चलने का दावा किया गया है। नवजात के पिता का कहना है कि उन्हें मृत्यु प्रमाण पत्र दे दिया गया था, लेकिन जब शव लेने एनआईसीयू पहुंचे तो बच्ची में हरकत दिखाई दी। उन्होंने इसका वीडियो भी बनाया है।पूरी खबर पढ़ें
महाराष्ट्र में रेप के आरोपी ज्योतिषी अशोक खरात से संबंधों के आरोपों के बाद मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने शुक्रवार को राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष का इस्तीफा मांगा। विपक्षी पार्टियों ने महिला आयोग की अध्यक्ष रूपाली चाकणकर पर आरोपी से संबंध के आरोप लगाए थे। शिवसेना (UBT) की प्रवक्ता सुषमा अंधारे ने दावा किया कि खरात के प्रभाव में आकर चाकणकर ने तांत्रिक अनुष्ठान के लिए अपनी अनामिका या तीसरी उंगली काट ली थी। अंधारे ने ऐसी तस्वीरें भी दिखाईं जिनमें चाकणकर की तीसरी उंगली पर पट्टी बंधी हुई दिख रही है। दरअसल, महाराष्ट्र के नासिक में एक 35 साल की महिला से बार-बार रेप और ब्लैकमेल करने के आरोप में पुलिस ने बुधवार को एक मशहूर ज्योतिषी अशोक खरात (67) को गिरफ्तार किया था। पुलिस के मुताबिक, ज्योतिषी कई महिलाओं का यौन उत्पीड़न कर चुका है। चाकणकर ने SIT बनाने की मांग की थी इससे पहले, चाकणकर ने पुलिस महानिदेशक सदानंद दाते को एक पत्र लिखकर मांग की थी कि खरात के खिलाफ स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीम(SIT) का गठन किया जाए। SIT को रेप और यौन शोषण के आरोपों की जांच के आदेश देने की मांग की गई थी। लेकिन विपक्षी नेताओं ने चाकणकर के आरोपी के साथ अपने संबंधों को उजागर करके BJP के नेतृत्व वाली सरकार को घेरने की कोशिश की। इसके साथ ही कार्यकर्ता अंजलि दमानिया ने भी चाकणकर को तत्काल पद से हटाने की मांग की थी। सुषमा अंधारे ने आरोप लगाया कि खरात आध्यात्मिक अनुष्ठानों की आड़ में महिलाओं का यौन शोषण करने के साथ-साथ वित्तीय धोखाधड़ी और जमीन हड़पने के मामलों में भी शामिल था। पीड़ित का आरोप- भविष्यवाणियों से डराता, धमकी देता था FIR दर्ज कराने वाली एक महिला का आरोप है ज्योतिषी ने नवंबर 2022 से दिसंबर 2025 के बीच कई बार यौन शोषण किया। पीड़िता का आरोप है कि पूजा-पाठ के बहाने ज्योतिषी उसे नासिक के कनाडा कॉर्नर इलाके स्थित अपने ऑफिस में बुलाता था। FIR के अनुसार, ज्योतिषी महिला से कहता था कि उसकी भविष्यवाणी के अनुसार उसके पति की जान को खतरा है। इसके बाद वह महिला को नशीला पेय पिलाकर उसके साथ रेप करता था। पुलिस ने बताया कि वह महिला को अपनी भविष्यवाणियों और धमकियों के जरिए डराता भी था। खरात के राजनीतिक संबंध दिल्ली से महाराष्ट्र तक फैले खरात नासिक जिले के सिन्नर तालुका के मिरगांव स्थित श्री ईशनेश्वर महादेव मंदिर ट्रस्ट का चेयरमैन है। वहां उसका एक आलीशान फार्महाउस है, जहां कई प्रभावशाली लोग आते-जाते थे। आरोपी नासिक के कनाडा कॉर्नर इलाके में ‘ओकस प्रॉपर्टी डीलर्स एंड डेवलपर्स’ नाम से ऑफिस चलाता था। आरोप है कि वहां असल में आपराधिक गतिविधियां होती थीं। उसने खुद को समाज में एक शक्तिशाली और सिद्ध ज्योतिषी के रूप में स्थापित कर लिया था। कहा जाता है कि उसके राजनीतिक संबंध दिल्ली से लेकर महाराष्ट्र की सत्ता तक फैले हुए थे। बताया गया कि अतीत में कई राजनेता और चर्चित लोग इस ज्योतिषी से मिलने आते रहे हैं। उसे कई नेताओं, सेलिब्रिटीज और उद्योगपतियों का आध्यात्मिक मार्गदर्शक माना जाता था। नवंबर 2022 में तत्कालीन मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे, उनके कैबिनेट सहयोगी राधाकृष्ण विखे पाटिल और दीपक केसरकर के साथ खरात से मिरगांव मंदिर में मिले थे। पुलिस ने आरोपी को उसके बेडरूम से गिरफ्तार किया नासिक पुलिस ने बुधवार को खरात की गिरफ्तारी के लिए एक सीक्रेट ऑपरेशन चलाया था। रात के अंधेरे में पुलिस ने आरोपी के घर के बाहर चोर-चोर चिल्लाकर अफरा-तफरी का माहौल बनाया। इसी बहाने टीम घर के अंदर पहुंची और आरोपी को उसके बेडरूम से गिरफ्तार कर लिया। छापेमारी के दौरान खरात के फार्महाउस से एक पिस्टल, जिंदा कारतूस और इस्तेमाल किए गए कारतूस भी बरामद हुए। मिरगांव स्थित मंदिर और आश्रम में भी तलाशी ली गई, जहां कई संदिग्ध दस्तावेज मिले। पुलिस के मुताबिक महाराष्ट्र में उसकी कई संपत्तियां भी जांच के दायरे में आ गई हैं।
कपसाड़ मामले में जेजे बोर्ड के समक्ष बयान दर्ज कराने वाले प्राइमरी टीचर वीरेंद्र कुमार ने शुक्रवार को वादी पक्ष के सवालों के जवाब दिए। कई सवाल ऐसे थे, जिनके जवाबों को लेकर वादी पक्ष ने असंतोष व्यक्त किया। बोर्ड ने अब प्राइमरी टीचर को सभी रिकार्ड के साथ तलब किया है। पहले जानिए कपसाड़ मामले को सरधना के कपसाड़ गांव में 8 जनवरी को दलित महिला सुनीता की हत्या कर उसकी बेटी रूबी को अगवा किया गया। आरोप गांव के ही दूसरे समाज के युवक पर लगे, जिसने विरोध देख वारदात को अंजाम दिया। गांव में तनाव बढ़ गया। पुलिस ने दो दिन के भीतर दोनों को बरामद कर कोर्ट में पेश किया। कोर्ट ने आरोपी को न्यायिक हिरासत में जेल और युवती को काउंसलिंग के बाद परिजनों की सुपुर्दगी में घर भेज दिया। दस्तावेजों में आरोपी निकला नाबालिगआरोपी के सलाखों के पीछे जाने के बाद खुलासा हुआ कि वारदात के वक्त वह नाबालिग था। तीन एडवोकेट संजीव राणा, बलराम सोम और विजय शर्मा ने आरोपी का केस लड़ने का ऐलान किया। तीनों ने कोर्ट के समक्ष आरोपी की उम्र से जुड़े साक्ष्य प्रस्तुत करते हुए मामले की सुनवाई जेजे बोर्ड में किए जाने की पैरवी की। एक माह बाद मामला जेजे बोर्ड ट्रांसफर 10 जनवरी को आरोपी जेल की सलाखों के पीछे पहुंच गया। 14 जनवरी को तीनों अधिवक्ताओं ने यह याचिका दायर की, जिसे कोर्ट ने स्वीकार किया। 7 सुनवाई तारीखों में दोनों पक्षों ने अपनी बात रखीं। आरोपी पक्ष को सफलता मिली और केस 9 फरवरी को जेजे बोर्ड ट्रांसफर कर दिया गया। हालांकि उम्र निर्धारण का पेच अभी भी फसा है। वादी के सवालों के दिए जवाब वादी की तरफ से जिरह की अनुमति मांगी गई थी। प्राइमरी टीचर वीरेंद्र कुमार से यह जिरह हुई। एक के बाद एक कई सवाल पूछे गए, जिनके वीरेंद्र कुमार द्वारा जवाब दिए गए। बताया जाता है कि कई जवाबों पर वादी पक्ष ने आपत्ति की, जिसके बाद बोर्ड ने 23 मार्च को वीरेंद्र कुमार को पुन: सभी रिकार्ड के साथ तलब किया है। जानिया तारीख दर तारीख कपसाड़ केस को - 8 जनवरी को आरोपी ने मां की हत्या कर युवती को अगवा किया। - 9 जनवरी की रात पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर युवती को बरामद कर लिया। - 10 जनवरी को आरोपी को कोर्ट ने 14 दिन की न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया। - 14 जनवरी को तीन एडवोकेट ने हाईस्कूल सर्टिफिकेट से जुड़ी रूलिंग के साथ आरोपी की तरफ से याचिका दायर की। - 22 जनवरी को याचिका मंजूर हुई और कोर्ट ने वादी पक्ष के सभी लोगों को नोटिस जारी कर दिए। - 31 जनवरी को वादी पक्ष ने बेसिक शिक्षा से जुड़े सर्टिफिकेट की रूलिंग लाने का दावा किया। - 3 फरवरी को वादी पक्ष रूलिंग उपलब्ध नहीं करा पाया। कोर्ट ने 4 फरवरी तारीख दी। - 4 फरवरी को वादी ने कक्षा 5 का सर्टिफिकेट जारी किया लेकिन उसमें भी आरोपी की जन्मतिथि हाईस्कूल के अनुसार 11-5-2008 ही मिली। - 7 फरवरी को कक्षा चार का सर्टिफिकेट लाने की मांग की लेकिन ला नहीं पाए। कोर्ट ने फैसला सुरक्षित रख लिया। - 9 फरवरी को कोर्ट ने मामले को जेजे बोर्ड ट्रांसफर कर दिया।- 18 फरवरी को जेजे बोर्ड में सुनवाई शुरु। वादी पक्ष ने उम्र का मुद्दा उठाया। - 25 फरवरी को बोर्ड के समक्ष प्रतिवादी पक्ष ने अपोज किया। - 6 मार्च उम्र निर्धारण को तय हुई लेकिन हो ना सकी। - 7 मार्च को आरोपी की पुलिस कस्टिडी रिमांड मंजूर की गई। - 8 मार्च को आठ घंटे पुलिस आरोपी को लेकर घूमती रही लेकिन हथियार नहीं मिला। - 10 मार्च को बोर्ड ने प्राइमरी के दस्तावेज अगली सुनवाई यानि 17 मार्च को मंगाए जाने के आदेश दिए। - 17 मार्च को प्राइमरी स्कूल के टीचर बोर्ड के समक्ष पेश हुए। - 20 मार्च को बहस के बाद बोर्ड ने रिकार्ड पुन: किया तलब।
पॉक्सो केस में गवाही के लिए पेश नहीं होने पर अदालत ने दरोगा की लापरवाही को गंभीर मानते हुए सख्ती दिखाई है। कोर्ट ने पुलिस कमिश्नर को निर्देश दिए हैं कि विवेचक को तय तारीख पर हर हाल में पेश कराया जाए, साथ ही उसका वेतन भी रोक दिया गया है।विशेष न्यायाधीश पॉक्सो एक्ट सोनिका चौधरी की अदालत में लंबित राज्य बनाम हर्ष शर्मा केस में विवेचक उपनिरीक्षक राजीव कुमार की लगातार गैरहाजिरी पर कड़ा रुख अपनाया गया।कोर्ट ने कहा कि गवाही के लिए बार-बार बुलाने के बावजूद विवेचक का उपस्थित न होना न्याय प्रक्रिया में बाधा है और इससे पीड़िता को न्याय मिलने में देरी हो रही है। मामले में अन्य सभी गवाहों की गवाही पूरी हो चुकी है, केवल विवेचक का बयान शेष है।अदालत ने पुलिस कमिश्नर को निर्देश दिए हैं कि 7 अप्रैल को विवेचक की अनिवार्य उपस्थिति सुनिश्चित कराई जाए। इसके साथ ही उपनिरीक्षक का वेतन अग्रिम आदेश तक रोकने के आदेश भी जारी किए गए हैं।कोर्ट ने यह भी टिप्पणी की कि संबंधित थाना अदालत से मात्र 5 किलोमीटर की दूरी पर है, इसके बावजूद विवेचक का पेश न होना गंभीर लापरवाही दर्शाता है।
फिल्म अभिनेता गुलशन ग्रोवर शुक्रवार की शाम आगरा पहुंचे। जहां उन्होंने झूलेलाल मेला का उद्घाटन किया। इस दौरान हजारों की संख्या में लोग गुलशन ग्रोवर को देखने पहुंचे। गुलशन ग्रोवर के पहुंचते ही फैंस फैंस बेकाबू हो गए। फिल्म अभिनेता और फैंस के बीच गजब का उत्साह देखने को मिला। उनकी एक झलक पाने के लिए भीड़ उमड़ पड़ी। इसके बाद फैंस ने उनकी तस्वीरें और वीडियों कैद किए। इस दौरान लोगों में सैल्फी लेने के लिए पहुंचे। वे करीब 20 मिनट तक भोगीपुरा शाहगंज बाजार में आयोजित इस कार्यक्रम में रहे। उन्होंने अपने प्रसिद्ध डायलॉग कबीरा स्पीकिंग, हम इंस्पेक्टर दूजे किस्म के हैं, जीने का मजा तो खट्टे में है, माया पलट दूंगा तेरी काया, केसरिया यह तो अपने ही लोग हैं पास कर देते हैं, ए मेरे जवानी के छक्के, मैडम हम पुलिस वाले हैं अंदर कर देंगे तेल लगा के, जैसे अपने प्रसिद्ध डायलोगों से लोगों का मनोरंजन बढ़ाया। इस दौरान उन्होंने संदेश दिया कि ऐसे डायलॉग फिल्मों में लिखे जाते हैं, और हम जैसे अभिनेता अभिनय करते हैं। लेकिन असल जिंदगी में लोगों को नायक नायिका बनना चाहिए, खलनायक को कोई नहीं पूछता। तो आज की नई जनरेशन से कहना चाहता हूं खलनायक नहीं नायक और नायक का बने। गुलशन ग्रोवर ने कहा- ईद के समय पर आगरा में आया हूं, सुना है कि हर साल यहां झूलेलाल की जयंती पर दिव्यता और भव्यता के साथ कार्यक्रम आयोजित किया जाता है। इसके लिए सभी शहर वासियों को शुभकामनाएं। हजारों की संख्या में आए आगरा के फैंस का प्यार देख कर यहां के लोगों का सम्मान पाकर मेरा तो दिल गार्डन-गार्डन हो गया। सिंधी युवा मंच व पूज्य सिंधी जनरल पंचायत शाहगंज द्वारा भगवान झूलेलाल की शोभायात्रा निकाली गई। पूज्य बहराणा साहब की ज्योति प्रज्ज्वलित कर शहनाई, ढोल नगाड़ों पर झूमते गाते निकाली गई इस शोभायात्रा में हजारों की संख्या में श्रद्धालु शामिल हुए। शोभायात्रा का शुभारम्भ हरगुनदास स्कूल से कैबिनेट मंत्री योगेन्द्र उपाध्याय और योगी जहाजनाथ ने किया। शोभायात्रा रुई की मंडी स्थित झूलेलाल मंदिर से पावन ज्योत प्रज्ज्वलित कर प्रारम्भ हुई और शाहगंज बाजार, संगीता रोड भोगीपुरा, जोगीपाड़ा होते हुए रुई की मंडी चौराहे पर सम्पन्न हुई।
प्रतापगढ़ जिले में देर रात एक दर्दनाक सड़क हादसे में दो लोगों की मौत हो गई, जबकि चार अन्य गंभीर रूप से घायल हो गए। हादसा रात करीब 9:30 बजे देवगढ़ थाना क्षेत्र में हुआ। सभी घायलों को 108 एंबुलेंस की मदद से जिला अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उनका इलाज जारी है। पुलिस के अनुसार देवगढ़ थाना क्षेत्र में बीज माता का मेला लगा हुआ था। मेले से लौटते समय कुछ महिलाएं और बालिकाएं पैदल अपने घर की ओर जा रही थीं। इसी दौरान पीछे से तेज रफ्तार में आ रही एक बाइक ने उन्हें टक्कर मार दी। बाइक पर दो युवक और एक बालिका सवार थे। टक्कर इतनी तेज थी कि पैदल चल रहे लोग और बाइक सवार सभी सड़क पर गिरकर गंभीर रूप से घायल हो गए। इलाज के दौरान दो लोगों ने तोड़ा दम हादसे में घायल सभी लोगों को तुरंत जिला अस्पताल ले जाया गया। उपचार के दौरान दो लोगों की मौत हो गई। मृतकों की पहचान हथनी कुंडी निवासी अंकित (20) पुत्र गोपाल मीणा और शाह जी पत्थर निवासी इंदिरा (22) पुत्री कैलाश मीणा के रूप में हुई है। चार लोग गंभीर रूप से घायल इस हादसे में चार लोग गंभीर रूप से घायल हुए हैं। घायलों में अनूपपुर निवासी आशु (17), जो बाइक सवार था, भंवर सेमला निवासी ममता (17), शाह जी पत्थर निवासी ममता (22) पत्नी छगनलाल मीणा और शाह जी पत्थर निवासी पूजा (12) पुत्री कैलाश मीणा शामिल हैं। सभी घायलों का जिला अस्पताल में इलाज जारी है। पुलिस ने शुरू की जांच घटना की सूचना मिलते ही देवगढ़ थाना अधिकारी नागजी रामजी जिला अस्पताल पहुंचे। उन्होंने घायलों से पूछताछ कर हादसे की जानकारी ली। पुलिस ने मृतकों के शव जिला अस्पताल की मोर्च्युरी में रखवाए हैं। परिजनों की मौजूदगी में सुबह पोस्टमार्टम की कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल पुलिस ने मामला दर्ज कर दुर्घटना की जांच शुरू कर दी है।
मध्य प्रदेश हाउसिंग बोर्ड की भोपाल के प्राइम लोकेशन में करीब 40 करोड़ रुपए की प्रॉपर्टी की बुकिंग हुई है। पहली बार बोर्ड ने भोपाल में बड़ा आवास मेला लगाया। जिसमें सेफायर पार्क, खजूरीकलां समेत कई प्रोजेक्ट में लोग संपत्ति की तत्काल बुकिंग करा रहे हैं। मेले का शनिवार को दूसरा और आखिरी दिन है। ऐसे में उम्मीद है कि बाकी प्रॉपर्टी को लेकर भी लोगों में उत्साह देखने को मिलेगा। मेला पर्यावास भवन में मेला आयोजित हो रहा है। इसमें राजधानी में उपलब्ध हाउसिंग बोर्ड की सभी प्रॉपर्टी की यहां जानकारी दी जा रही है। साथ ही संपत्ति की तत्काल बुकिंग भी की जा रही है। मेले में भोपाल की सभी नई और पुरानी प्रॉपर्टी की जानकारी एक छत के नीचे है। मेले में फ्री साइट विजिट की सुविधा और फ्री में बुकिंग फॉर्म भरने की सुविधा भी है। मेले में पहले दिन शुक्रवार को 800 से ज्यादा लोगों ने प्रॉपर्टी की इंक्वारी की। वहीं करीब 40 करोड़ रुपए की प्रॉपर्टी की ऑन स्पॉट बुकिंग की गई। सबसे ज्यादा बुकिंग बाग मुगालिया, कटारा हिल्स के सेफायर पार्क सिटी में हुई। इस प्रोजेक्ट में लगभग 25 करोड़ रुपए की प्रॉपर्टी बुक की गई। खजूरीकलां अवधपुरी में बोर्ड के डुप्लेक्स और ट्री प्लेक्स मकानों के प्रोजेक्ट में लगभग 10 करोड़ रुपए की प्रॉपर्टी की बुकिंग हुई। वहीं, सुरम्य परिसर, लवकुश हाइट्स, गौरव नगर और दूसरी ओल्ड प्रॉपर्टी में लगभग 5 करोड़ रुपए तक की बुकिंग हुई। आज मेले का आखिरी दिन है। हाउसिंग बोर्ड ने मेले में फॉर्म भरने की निशुल्क सुविधा दी हुई है। साथ में निशुल्क साइड विजिट की भी सुविधा है। ये सुविधा भी दी जा रही सभी अपकमिंग प्रोजेक्ट की जानकारीआवास मेले हाउसिंग बोर्ड अपने सभी आने वाले प्रोजेक्ट की भी जानकारी उपलब्ध करा रहा है। बोर्ड देवकीनगर, बैरसिया रोड, करोंद में 10 एकड़ में प्लॉट का प्रोजेक्ट ला रहा है। वहीं अयोध्या नगर में डुप्लेक्स, ट्रिप्लेक्स, फ्लैट के 5 नये प्रोजेक्ट आने वाले हैं। इस तरह के सभी प्रोजेक्ट की जानकारी मेले में दी गई है। कटारा हिल्स में 186 प्लाटों चल रही बुकिंगकटारा हिल्स में सफायर पार्क सिटी प्रोजेक्ट में बोर्ड 34 एकड़ में आवासीय प्लॉट का प्रोजेक्ट लाया है। इस प्रोजेक्ट में बुकिंग चल रही है। इसमें अलग-अलग साइज के 186 प्लॉट रखे गए हैं। 1300 स्क्वेयर फीट से लेकर 7000 स्क्वेयर फीट तक के 5 साइज के प्लॉट हैं। इस प्रोजेक्ट में एसटीपी से लेकर अंडरग्राउंड बिजली के तार तक सभी आधुनिक सुविधायें उपलब्ध होंगी। सुरम्य परिसर, लवकुश हाईट्स और खजूरीकलां फेज-2 में चल रही बुकिंगअयोध्या एक्सटेंशन में सुरम्य परिसर औऱ लवकुश हाईट्स फ्लेट्स के प्रोजेक्ट निर्माणाधीन हैं। सुरम्य परिसर में 250 फ्लेट बन रहे हैं और इनमें बुकिंग चालू है। वहीं, लवकुश हाईट्स में भी निर्माण और बुकिंग चल रही है। खजूरीकलां फेज-2 में 147 डुप्लेक्स और ट्रिप्लेक्स घरों में भी बुकिंग चल रही है। इन सभी मकानों की बुकिंग मेले में होगी।
सिविल लाइन थाना क्षेत्र के सुभाष नगर में पांच लाख रुपये की लूट को अंजाम देने वाले दो बदमाशों को पुलिस ने दबोच लिया है। यह लूट महिला के भांजे ने अपने साले के साथ मिलकर कराई थी। उनके पास से पांच लाख रुपये भी बरामद कर लिए गए हैं। आज पुलिस पूरे मामले का खुलासा कर सकती है। पहले एक नजर वारदात पर सुभाष नगर गली नंबर 13 में सबिया परिवार के साथ रहती हैं। वह सोहेल नाम के युवक के साथ पार्टनरशिप में मंडी में काम करती है। 16 मार्च की शाम सबिया के पास सोहेल का फोन आया। सोहेल ने कहा कि उसे पांच लाख रुपये की जरूरत है। सबिया ने घर आकर रुपये ले जाने के लिए बोल दिया। सुभाष नगर मस्जिद के पास आकर सोहेल ने सबिया को फोन किया। सबिया बैग में रुपये लेकर घर से स्कूटी पर निकली। जैसे ही मुख्य मार्ग पर पहुंची, तभी बाइक सवार बदमाश सबिया के हाथ से बैग लूटकर फरार हो गए। शोर मचा पीछा करने का प्रयास सबिया स्कूटी पर थी और दोनों बदमाश बाइक पर थे। एक बदमाश ने भागकर बैग छीना और फिर कूदकर अपने साथी की बाइक पर बैठ गया। इसके बाद बदमाश कचहरी की तरफ भाग निकले। सबिया जोर जोर से चिल्लाने लगी। वह जब तक अपनी स्कूटी मोड़ पाती, तब तक बदमाश फरार हो गए। इसके बाद पुलिस पहुंची और छानबीन में जुट गई। बदमाश के हाथ से छूटा बैग सबिया से बैग छीनकर बदमाश भागा और कूदकर अपने साथी की बाइक पर बैठा। बाइक चला रहे बदमाश का नियंत्रण खो गया और पीछे बैठे बदमाश के हाथ से बैग छूटकर सड़क पर जा गिरा। वह दोबारा कूदा। आनन फानन में बैग उठाया और वापस साथी के साथ बाइक पर बैठकर फरार हो गया। गमछे से ढका हुआ था चेहरा वारदात कई लोगों ने देखी लेकिन कोई भी सीधे बोलने को तैयार नहीं है। दबी जुबां में लोगों ने बताया कि बदमाशों ने चेहरे पर गमछा लपेटा हुआ था और काला चश्मा लगाया हुआ था। इससे पहले कि लोग उनकी तरफ भागते, वह आंखों से ओझल हो गए। लूट के आरोपी चढ़े हत्थे पिछले चार दिन से पुलिस टीमें लुटेरों का पीछा कर रही थीं। शुक्रवार शाम दोनों को दबोच लिया गया। पूछताछ में दोनों की पहचान इमरान निवासी बुलंदशहर व फईद निवासी तारापुरी ब्रह्मपुरी के रूप में हुई। पूछताछ में खुलासा हुआ कि इमरान सबिया के भांजे राशिद का साला है। राशिद ने ही लूट की योजना बनाई थी। उसने साले इमरान व उसके दोस्त फईद को साथ लिया और वारदात की। राशिद ने रेकी का किया किया था। पांच लाख रुपये हुए बरामद पुलिस सूत्रों की मानें तो इमरान व फईद के पास से लूटे गए पांच लाख रुपये भी बरामद कर लिए गए हैं। अब केवल राशिद का पता लगाया जा रहा है। राशिद की गिरफ्तारी के बाद ही अन्य सवालों के जवाब मिल पाएंगे। शनिवार को पुलिस पूरे मामले से पर्दा उठा सकती है।
भास्कर अपडेट्स:मुंबई में पानी से भरे गड्ढे में गिरने से 8 साल के बच्चे की मौत
मुंबई के मलाड (पूर्व) इलाके में पानी से भरे कंस्ट्रक्शन के एक गड्ढे में गलती से गिरने के बाद एक आठ साल के बच्चे की जान चली गई। एक पुलिस अधिकारी ने बताया कि इसके बाद शुक्रवार को एक निजी ठेकेदार के खिलाफ केस दर्ज किया गया। कुरार पुलिस स्टेशन के अधिकारी के अनुसार, यह घटना गुरुवार रात को अंबेडकर नगर के छगन पटेल चाल इलाके में हुई। बताया जा रहा है कि बच्चा, जिसका नाम दिव्यांश राजेश मौर्य था, उस समय गड्ढे में गिरी अपनी गेंद निकालने की कोशिश कर रहा था। अधिकारी ने बताया कि स्थानीय पुलिसकर्मी तुरंत मौके पर पहुंचे और मौर्य को बाहर निकाला। उसे कांदिवली में नगर निगम द्वारा संचालित एक अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। आज की अन्य बड़ी खबरें… आंध्र प्रदेश में गोदावरी नदी में पांच इंजीनियरिंग छात्रों की डूबे, तीन के शव मिले आंध्र प्रदेश के एलुरु जिले की गोदावरी नदी में पांच इंजीनियरिंग छात्र डूब गए, जबकि दो अन्य बच गए। पुलिस ने बताया कि तीन छात्रों के शव बरामद कर लिए गए हैं, जबकि बाकी दो छात्रों का पता लगाने के प्रयास जारी हैं। अधिकारियों ने बताया कि आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री एन. चंद्रबाबू नायडू ने अधिकारियों को तलाशी अभियान तेज करने के निर्देश दिए हैं। पुलिस ने बताया कि ये सभी इंजीनियरिंग छात्र गुंटूर जिले के अमरावती स्थित एक निजी विश्वविद्यालय के थे और वे नहाने के लिए नदी में उतरे थे।
भोपाल की अवैध कॉलोनियों को लेकर अब हर शुक्रवार को नगर निगम सुनवाई करेगा। सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद कमिश्नर संस्कृति जैन ने सिटी प्लानर समेत इंजीनियरों को सुनवाई के दौरान जांच करने का जिम्मा सौंपा है। इसे लेकर निगम कमिश्नर जैन ने शुक्रवार को टाइम लीमिट की बैठक भी की। जिसमें कहा कि अवैध निर्माणों के संबंध में सुप्रीम कोर्ट ने आदेश दिए हैं। इसके पालन में ही हर शुक्रवार को प्रकरणों की सुनवाई की जाए। संपत्ति कर, जल उपभोक्ता प्रभार, लीज रेंट सहित अन्य करों व शुल्कों की वसूली और अधिक प्रभावी ढंग से करने की बात भी कही। दिन में दो बार होगी सुनवाईकमिश्नर जैन ने कहा कि अवैध निर्माणों की सुनवाई भवन अनुज्ञा शाखा में प्रत्येक शुक्रवार को दोपहर 12 से 2 बजे तक और शाम को 4 से 5 बजे तक की जाए। सुनवाई के दौरान अवैध निर्माण संबंधी क्षेत्र के नगर निवेशक, सहायक यंत्री एवं उप यंत्री अनिवार्य रूप से उपस्थित रहेंगे। बाजारों में बेहतर करेंगे सफाईकमिश्नर जैन ने साफ-सफाई व्यवस्था की समीक्षा करते हुए मुख्य मार्ग, बाजारों सहित अन्य मार्गों, गलियों आदि पर बेहतर से बेहतर ढंग से साफ-सफाई व्यवस्था कराने, सार्वजनिक स्थलों पर गंदगी फैलाने वालों, सीएंडडी वेस्ट डालकर मार्ग अवरुद्ध करने वालों, दुकानों पर पृथक-पृथक डस्टबिन न रखने वालों, पृथक-पृथक कचरा कचरा वाहन को न देने वालों आदि के विरूद्ध सख्ती से स्पॉट फाइन की कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।
हरियाणा के करनाल में शुक्रवार देर रात करीब साढ़े 11 बजे बस स्टैंड पर खड़ी हरियाणा रोडवेज की तीन बसों में अचानक भीषण आग लग गई। आग इतनी तेजी से फैली कि कुछ ही देर में तीनों बसें चपेट में आ गईं। मौके पर मौजूद लोगों ने तुरंत फायर ब्रिगेड को सूचना दी। दमकल विभाग की 4 गाड़ियों ने मौके पर पहुंचकर कड़ी मशक्कत से आग पर काबू पाया। शुरुआती जांच में शॉर्ट सर्किट को आग का कारण माना जा रहा है, वहीं विभाग मामले की जांच कर रहा है। कुछ ही मिनटों में आग ने लिया विकराल रूपरोडवेज कर्मचारी राकेश शर्मा ने बताया कि शुक्रवार रात करीब साढ़े 11 बजे स्टैंड पर खड़ी बसों में अचानक धुआं उठता दिखाई दिया, जिसके बाद आग भड़क गई। देखते ही देखते लपटें तेज हो गईं और तीनों बसों को अपनी चपेट में ले लिया। आसपास मौजूद लोगों में अफरा-तफरी मच गई। फायर ब्रिगेड की टीम ने मौके पर पहुंचकर हालात को संभाला और काफी प्रयास के बाद आग बुझाई। ड्यूटी के बावजूद सुरक्षा पर उठे सवालघटना के बाद सबसे बड़ा सवाल यह खड़ा हो गया है कि जब बस स्टैंड पर चौबीस घंटे कर्मचारियों की ड्यूटी रहती है, तो फिर इतनी बड़ी घटना कैसे हो गई। ड्यूटी के बाद बसों में आग लगना सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े कर रहा है। लोगों की माने यदि समय रहते ध्यान दिया जाता तो नुकसान कम हो सकता था।सुपरवाईजर सुशील कुमार शॉर्ट सर्किट की लग रही आशंकारोडवेज सुपरवाईजर सुशील कुमार ने बताया कि रात को मैं ड्यूटी पर मौजूद था और अपने कमरे में था, एक कर्मचारी रात को कमरे में आया और बोला की बस में आग लगी हुई है। वह तुरंत मौके पर पहुंचा और बस के पास जो अन्य गाड़ियां खड़ी थी उनको साइड करवाया। आग इतनी तेजी से फैली की तीन बसों को आग ने अपनी चपेट में ले लिया। अभी तक लग रहा है कि शायद शॉर्ट सर्किट से ही बस में आग लगी है। फिलहाल विभाग द्वारा भी कारणों की जांच की जा रही है। बसों की कमी के बीच बढ़ी चिंताबतादें कि करनाल रोडवेज की बेडे में मौजूद समय 120 बसे है। अभी भी करनाल में 40 से ज्यादा बसों की जरूरत है। ऐसे में तीन बसों का जलना परिवहन व्यवस्था के लिए बड़ा झटका माना जा रहा है। इस घटना के बाद विभाग की कार्यप्रणाली और सुरक्षा इंतजामों पर भी सवाल उठने लगे हैं।
भोपाल के हमीदिया अस्पताल के गायनिक विभाग में एक गंभीर लापरवाही का मामला सामने आया है। जहां जीवित नवजात को मृत घोषित कर दिया गया। इस मामले में संबंधित डॉक्टर की पहचान कर ली गई है और प्रारंभिक पूछताछ में उन्होंने अपनी गलती स्वीकार कर ली है। डॉक्टर के अनुसार, नवजात की हालत बेहद नाजुक थी और उसकी सांसें इतनी धीमी थीं कि सही तरीके से स्थिति का आकलन नहीं हो पाया। जांच के लिए बनी विशेषज्ञ टीमअस्पताल प्रबंधन ने मामले को गंभीरता से लेते हुए विस्तृत जांच के आदेश दिए हैं। इसके लिए गायनिक और पीडियाट्रिक विभाग के डॉक्टरों की संयुक्त टीम गठित की गई है। जांच में यह देखा जाएगा कि मृत्यु घोषित करने से पहले निर्धारित मेडिकल प्रोटोकॉल का पालन क्यों नहीं किया गया। प्रोटोकॉल के तहत जरूरी होते हैं जीवन रक्षक प्रयास नियमों के अनुसार, किसी भी नवजात को मृत घोषित करने से पहले कम से कम 20 से 30 मिनट तक ईसीजी, सीपीआर और अन्य जीवन रक्षक प्रयास करना अनिवार्य होता है। इस संवेदनशील मामले में इन प्रक्रियाओं के पालन पर सवाल उठ रहे हैं। लापरवाही साबित होने पर होगी कड़ी कार्रवाई गायनिक विभाग की विभागाध्यक्ष डॉ. शबाना सुल्तान ने कहा है कि यदि जांच में गंभीर लापरवाही सामने आती है, तो संबंधित के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने यह भी बताया कि हमीदिया अस्पताल में रोजाना 30 से 40 डिलीवरी होती हैं, लेकिन इस तरह का मामला पहली बार सामने आया है। मामले से जुड़ी ये खबर भी पढ़ें… नवजात की सांसें चल रही थीं, दे दिया डेथ सर्टिफिकेट भोपाल के हमीदिया अस्पताल में एक नवजात को मृत घोषित किए जाने के चार घंटे बाद उसकी सांसें चलने का दावा किया गया है। नवजात के पिता का कहना है कि उन्हें मृत्यु प्रमाण पत्र दे दिया गया था, लेकिन जब शव लेने एनआईसीयू पहुंचे तो बच्ची में हरकत दिखाई दी। उन्होंने इसका वीडियो भी बनाया है।
'कानपुर वाले' पेज पर हमले की साजिश का आरोप:भाजपा नेता और अधिवक्ता ने पुलिस कमिश्नर से की शिकायत
सोशल मीडिया पर तथ्यहीन और भ्रामक पोस्ट करने पर भाजपा नेता रवि सतीजा व अखिलेश दुबे मुक्ति मोर्चा के सदस्य, अधिवक्ता मनोज सिंह ने पुलिस कमिश्नर से शिकायत की। दोनों ने बताया कि फेसबुक पर ‘कानपुर वाले’ पेज पोस्ट किया गया कि ‘कानपुर जेल में बंद अधिवक्ता अखिलेश दुबे को जमानत न मिले, इसके लिए गहरी साजिश रचने की खबर सामने आ रही है’। अधिवक्ता व भाजपा नेता ने पेज संचालित करने वाले के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। पेज पर यह पोस्ट किया गया भाजपा नेता रवि सतीजा ने बताया कि उन्होंने अखिलेश दुबे के खिलाफ बर्रा थाने में रंगदारी का मुकदमा दर्ज कराया था। बताया कि फेसबुक पर ‘कानपुर वाले’ पेज पर भ्रामक पोस्ट की जा रही थी। जिसमें उनकी और उनके सहयोगी अधिवक्ता मनोज सिंह की फोटो पोस्ट की गई है। पोस्ट पर लिखा है कि– सूत्रों के अनुसार, अखिलेश दुबे के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराने वाले रवि सतीजा और तहरीर देने वाले मनोज सिंह पर गंभीर आरोप लगे हैं। बताया जा रहा है कि ये दोनों खुद पर बर्रा स्थित जैना पैलेस के पास हमला करवा कर न्यायिक प्रक्रिया को प्रभावित करने और अखिलेश दुबे की जमानत में बाधा डालने की साजिश रच रहे है। यदि यह सच है, तो यह न केवल न्याय व्यवस्था के साथ खिलवाड़ है, बल्कि एक खतरनाक उदाहरण भी है, कि किस तरह साजिश के जरिए न्याय को मोड़ने की कोशिश की जा रही है। न्याय और सत्य की रक्षा के लिए इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच और कार्रवाई अत्यंत आवश्यक है। पोस्ट वायरल होने के बाद रवि सतीजा और मनोज सिंह ने पुलिस कमिश्नर रघुबीर लाल को तहरीर देकर मुकदमा दर्ज कराने की मांग की है।
हाईकोर्ट ने नगर निगम को दिया आदेश:वृंदावन कॉलोनी में मूलभूत सुविधाओं के लिए बजट का इंतजाम करें
इलाहाबाद हाईकोर्ट की लखनऊ खंडपीठ ने नगर निगम, लखनऊ को आदेश दिया है कि वह अपनी विधिक जिम्मेदारी निभाते हुए शहर की वृंदावन कॉलोनी में मूलभूत सुविधाओं के लिए बजट का इंतजाम करे। यह आदेश न्यायमूर्ति राजन रॉय और न्यायमूर्ति अमिताभ कुमार राय की खंडपीठ ने वृंदावन जनकल्याण समिति की ओर से वर्ष 2019 में दाखिल जनहित याचिका पर पारित किया है। न्यायालय ने मामले की अगली सुनवाई के लिए 20 अप्रैल की तिथि तय की है। न्यायालय ने नगर आयुक्त को व्यक्तिगत शपथ पत्र दाखिल कर यह भी बताने को कहा है कि जब वर्ष 2018 में ही उक्त कॉलोनी उसे सौंप दी गई थी, तो अब तक कॉलोनी निवासियों को मूलभूत सुविधाएं क्यों नहीं मुहैया कराई गईं। म्युनिसिपल कॉर्पोरेशन एक्ट के तहत मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराना नगर निगम का दायित्व है। कोर्ट ने यह भी पूछा है कि जब 16 करोड़ रुपये के बजट की मंजूरी उक्त कॉलोनी के लिए आठ वर्ष पूर्व ही हो चुकी थी, तब भी आज तक उसे उपलब्ध क्यों नहीं कराया गया।
लखनऊ विश्वविद्यालय के अभियांत्रिकी एवं प्रौद्योगिकी संकाय ने राष्ट्रीय स्तर पर नया कीर्तिमान स्थापित किया है। संकाय के 26 छात्रों ने GATE 2026 परीक्षा में सफलता हासिल की है, जिनमें से कई ने ऑल इंडिया रैंक (AIR) में जगह बनाई। इस उपलब्धि से विश्वविद्यालय की प्रतिष्ठा और मजबूत हुई है। कंप्यूटर साइंस, इलेक्ट्रॉनिक्स, इलेक्ट्रिकल और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस शाखा के छात्रों ने यह परीक्षा दी थी। इनमें तीसरे वर्ष के छात्र लक्ष्य सक्सेना ने 212वीं ऑल इंडिया रैंक हासिल की। रूपेश कुमार (AIR 3781), प्रिंसी बल्लभ (AIR 4817) और शिवपाल यादव (AIR 5899) ने भी उत्कृष्ट प्रदर्शन किया। संकाय में बेटियों की भागीदारी बढ़ी महिला छात्रों ने भी अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया। सान्योगिता पांडेय, पूरवी मालवीय, आलिया हैदर, स्नेहा गुप्ता, प्रगति त्रिपाठी और अन्विता सिंह ने भी यह कठिन परीक्षा उत्तीर्ण की। यह संकाय में बेटियों की बढ़ती भागीदारी को दर्शाता है।संकाय ने इस सफलता को छात्रों की कड़ी मेहनत और शिक्षकों के उचित मार्गदर्शन का परिणाम बताया। उन्होंने कहा कि GATE जैसी कठिन राष्ट्रीय स्तर की परीक्षा में इतनी बड़ी संख्या में छात्रों का चयन संस्थान की उच्च शैक्षणिक गुणवत्ता को प्रदर्शित करता है। छात्रों के सम्मान में एक समारोह किया जायेगा कुलपति प्रो. जे.पी. सैनी ने छात्रों की इस उपलब्धि पर प्रसन्नता व्यक्त की। उन्होंने कहा कि छात्रों ने विश्वविद्यालय को नई ऊंचाइयों पर पहुंचाया है और यह सफलता अन्य विद्यार्थियों को भी प्रेरित करेगी। इससे संस्थान की शैक्षणिक गुणवत्ता और मजबूत होगी। GATE में मिली सफलता से छात्रों को उच्च शिक्षा प्राप्त करने, प्रतिष्ठित शोध संस्थानों में प्रवेश पाने और विभिन्न सरकारी कंपनियों में रोजगार के अवसर मिलेंगे। विश्वविद्यालय प्रशासन जल्द ही इन सफल छात्रों के सम्मान में एक समारोह आयोजित करेगा। यह उपलब्धि तकनीकी शिक्षा के क्षेत्र में विश्वविद्यालय की मजबूत पकड़ और उत्तर प्रदेश में उसकी अग्रणी भूमिका को और स्पष्ट करती है।
चैती महोत्सव की दूसरी संध्या रंगारंग:लखनऊ के ऐशबाग रामलीला मैदान में सांस्कृतिक प्रस्तुतियां
लखनऊ के ऐशबाग रामलीला मैदान में चल रहे चैती महोत्सव की दूसरी सांस्कृतिक संध्या रंगारंग प्रस्तुतियों से सराबोर रही। घुँघरू नृत्य संगम डांस अकादमी के सहयोग से आयोजित 'प्रतिभा को पहचान, सपनों को उड़ान' कार्यक्रम ने दर्शकों का मन मोह लिया। शाम ढलते ही मंच रोशनी और संगीत से जगमगा उठा, जिससे एक मनमोहक सांस्कृतिक माहौल बन गया। कार्यक्रम की शुरुआत घुँघरू डांस एकेडमी के नन्हे कलाकारों ने की। मनीषा यादव के निर्देशन में आराध्या, ऋषिता, अविका, अनाया और तनीषी ने शानदार प्रस्तुतियां दीं। राजस्थान का प्रसिद्ध कालबेलिया नृत्य 'काल्यो कूद पड़्यो मेला में' और महाराष्ट्र का लावणी नृत्य 'अप्सरा आली' गीत पर पेश किया गया। इन दोनों प्रस्तुतियों ने दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया और देर तक तालियों की गूंज सुनाई देती रही। माहौल कृष्ण भक्ति से सराबोर हो गया इसके बाद कार्यक्रम का अगला चरण भक्ति संगीत से सजा। 'जय कन्हैया लाल की' गीत पर मनीषा यादव, मलखान सिंह, लवली घिल्डियाल, मौसमी, वर्षा, सौम्या, मालसी, आद्या और शनाया ने लोक नृत्य प्रस्तुत किया। कलाकारों ने अपनी भाव-भंगिमाओं से श्री कृष्ण जन्मलीला को जीवंत कर दिया, जिससे पूरा माहौल कृष्ण भक्ति से सराबोर हो गया। इस आयोजन में उपस्थित दर्शक भक्ति और संस्कृति के रंगों में रंगे नजर आए। महोत्सव ने न केवल उभरती प्रतिभाओं को एक मंच प्रदान किया, बल्कि भारतीय संस्कृति और परंपरा को भी खूबसूरती से प्रस्तुत किया।
लखनऊ के अलीगंज स्थित मां सिद्धेश्वरी माता मंदिर में चैत्र नवरात्रि के दूसरे दिन आस्था और भक्ति का अद्भुत नजारा देखने को मिला। मंदिर परिसर भक्तों की भीड़ से गुलजार रहा। मां ब्रह्मचारिणी की पूजा के लिए मंदिर को फूलों और रंग-बिरंगी रोशनी से भव्य रूप से सजाया गया, जिसने पूरे माहौल को दिव्यता से भर दिया। इस अवसर पर महिलाओं ने सामूहिक रूप से मां के भजन गाए और वातावरण को भक्तिमय बना दिया। मंदिर में दर्शन के लिए श्रद्धालुओं की लंबी कतारें लगी रहीं। भक्तों ने माता को छप्पन भोग, फल और विशेष प्रसाद अर्पित किया। पूरे क्षेत्र में नवरात्रि की शुरुआत से ही उत्साह और श्रद्धा का माहौल बना हुआ है। शंख और घंटियों से गुंजा मंदिर परिसर शास्त्रीय मंत्रोच्चार के साथ विधि-विधान से पूजन संपन्न हुआ। मुख्य पुजारी रामजी मिश्रा और शिवानंद उपाध्याय ने पूजा-अर्चना कराई। इस दौरान मयंक बजाज और विजय वर्मा मुख्य यजमान के रूप में उपस्थित रहे। शंख और घंटियों की गूंज से मंदिर परिसर पूरी तरह भक्तिरस में डूब गया। महिलाओं ने सामूहिक रूप से माँ के भजन गाए शाम को मंदिर में विशेष भजन संध्या का आयोजन किया गया। बड़ी संख्या में महिलाओं और श्रद्धालुओं ने इसमें भाग लिया। ‘अम्बे तू है जगदम्बे काली’, ‘जय अम्बे गौरी, मैया जय श्यामा गौरी’, ‘मैया तेरे चरणों में सुख मिलता है’, ‘चलो बुलावा आया है, माता ने बुलाया है’ और ‘मेरी झोली छोटी पड़ गई रे, माता तेरे भंडारे में’ जैसे भजनों ने माहौल को और भी भावपूर्ण बना दिया। भक्तों ने माता रानी से सुख-समृद्धि और परिवार की खुशहाली की कामना की।
डंपर से किसी की मौत पर होगी एफआईआर:कमिश्नर ने दिया सख्त निर्देश; कहा निर्धारित करें रूट चार्ट
डंपरों से बढ़ रही सड़क दुर्घटनाओं को देखते हुए कमिश्नर अनिल ढींगरा ने सख्त रुख अख्तियार किया है। विकास भवन में अधिकारियों, कार्यदायी संस्थाओं और ठेकेदारों के साथ बैठक में उन्होंने कहा कि यदि भविष्य में किसी डंपर से दुर्घटना में किसी व्यक्ति की मौत होती है तो इस मामले में एफआईआर दर्ज की जाएगी। साथ ही कड़ी कार्रवाई भी होगी। उन्होंने कहा कि जिस कार्यदायी संस्था के काम में उक्त डंपर का संचालन मिलेगा, उसपर भी कार्रवाई की जाएगी। कमिश्नर ने कहा कि डंपरों की नियमित रूप से जांच कराई जाए। यह सुनिश्चित किया जाए कि वाहन तकनीकी रूप से फिट जरूर हों। उन्होंने कहा कि ओवरस्पीडिंग, नाबालिक चालक को पाया गया तो केस दर्ज किया जाएगा। उन्होंने कहा कि सभी डंपरों का रूट चार्ट जरूर बनाएं। यह भी तय हो कि कौन सा डंपर कहां से कहां तक संचालित होगा। इस संबंध में अनुमति को गाड़ी के विंड स्क्रीन पर चस्पा करना होगा। किसी भी दशा में निर्धारित मार्ग से इतर कोई डंपर संचालित नहीं होगा। बैठक में उपस्थित डीआईजी एस. चनप्पा ने कहा कि यातायात नियमों का उल्लंघन किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं किया जाएगा। उन्होंने पुलिस अधिकारियों को निर्देश दिया कि डंपरों के खिलाफ विशेष अभियान चलाकर ओवरस्पीडिंग, गलत रूट पर संचालन और नियमों की अनदेखी करने वालों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि सड़क सुरक्षा सुनिश्चित करना पुलिस की प्राथमिक जिम्मेदारी है और इसमें किसी प्रकार की ढिलाई नहीं बरती जाएगी। जिलाधिकारी दीपक मीणा कहा कि सभी डंपर निर्धारित रूट पर ही संचालित होंगे। यदि कोई वाहन निर्धारित मार्ग से हटकर अन्य रास्तों पर चलता पाया जाता है तो उसके खिलाफ तत्काल कार्रवाई की जाएगी। जिसमें ब्लैकलिस्टिंग तक शामिल हो सकती है। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डा कौस्तुभ ने कहा कि जनपद भर में विशेष चेकिंग अभियान चलाया जाएगा, जिसमें डंपरों की गति, चालक की योग्यता, वाहन की फिटनेस और रूट परमिट की गहन जांच की जाएगी। नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सख्त दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी। डीएम ने कहा कि यह भी चेक करें कि मोबाइल पर बात करते हुए कोई वाहन न चलाए।बैठक में एडीएम (वित्त) विनीत कुमार सिंह, पीडब्ल्यूडी के नोडल अधिकारी ए.के. सिंह, जिला खनन अधिकारी सहित अन्य संबंधित विभागों के अधिकारी मौजूद रहे। दुर्घटना स्थलों का निरीक्षण किया कमिश्नर के नेतृत्व में अधिकारी उन स्थानों पर भी पहुंचे, जहां गत दिनों डंपर की चपेट में आकर लोगों को अपनी जान गंवानी पड़ी थी। गुरुवार को जंगल कौड़िया-कालेसर मार्ग पर जमुआड़ गांव के पास डंपर के रौदने से शिक्षक आशुतोष कुमार गुप्ता की मौत हो गई थी। शुक्रवार को वहां कमिश्नर अनिल ढींगरा, डीआईजी एस चेनप्पा, जिलाधिकारी दीपक मीणा, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डा. कौस्तुभ, संभागीय परिवहन अधिकारी संजय झा, अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व विनीत सिंह आदि अधिकारी वहां पहुंचे। इसके बाद दो दिन पहले सिक्टौर में हुई घटना के स्थल पर भी गए। कमिश्नर ने एनएचएआई के अधिकारियों को निर्देश दिया कि सड़क पर अवैध कट एवं डिवाइडर को तत्काल हटाया जाए। संयुक्त टीम बनाकर जांच की जाए। उन्होंने कहा कि सड़क पर पथ प्रकाश एवं स्थान-स्थान पर कैमरे भी लगवायें। सड़क पर जो बजरी एवं मिट्टी आदि पड़ी है, जिससे फिसलकर दुर्घटना होती है, उसे जल्द साफ कराने का निर्देश भी दिया। अवैध मिट्टी खनन को रोकने के लिये जिलाधिकारी, गोरखपुर खनन, परिवहन एवं पुलिस विभाग की संयुक्त टीम बनाये, जो रात्रि में सघन चेकिंग करे। परिहवन विभाग के अधिकारियों को निर्देशित किया गया कि अभियान चलाकर बिना नम्बर प्लेट के डंम्पर को थाने में बन्द कराएं।
प्रयागराज के मुट्ठीगंज में हुई फायरिंग की घटना में शुक्रवार को दो और आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया। इससे पहले एक आरोपी को जेल भेजा जा चुका था। अब तक कुल तीन आरोपियों की गिरफ्तारी हो चुकी है, जबकि दो नामजद अभियुक्त अभी भी फरार है। गिरफ्तार आरोपियों में यह हैं शामिल पुलिस ने संदीप कनौजिया (निवासी दारागंज) और आकाश अरोड़ा उर्फ भोला पंजाबी (निवासी मालवीय नगर, मुट्ठीगंज) को गिरफ्तार किया है। इससे पहले मुख्य आरोपी लक्की पंडा को गिरफ्तार कर जेल भेजा जा चुका है। मामले में नामजद दो अन्य आरोपी की गिरफ्तारी अभी बाकी है। इनमें विमल पंडा और कमल शर्मा शामिल हैं। क्या है पूरा मामला 12 मार्च को मुट्ठीगंज क्षेत्र में देर रात दावत से लौट रहे दो युवकों सक्षम शर्मा और उसके दोस्त रवि पंडा पर हमला किया गया था। आरोप है कि शादी समारोह में हुए विवाद के बाद हमलावरों ने रात करीब 2:30 बजे उनका पीछा कर रास्ता रोका और फायरिंग कर दी, जिसमें दोनों घायल हो गए। घायल का आरोप पहले भी हो चुका हमला घायल सक्षम शर्मा ने पुलिस को बताया था कि हमलावर पहले भी उस पर फायरिंग कर चुके हैं और उनके खिलाफ पहले से कई मुकदमे दर्ज हैं। मुट्ठीगंज थाना प्रभारी अरुण कुमार सिंह ने बताया कि फरार आरोपियों की तलाश में भी टीम लगाई गई है। उन्हें जल्द गिरफ्तार किया जाएगा।
रांची में खुलेगी राज्य की पहली मेडिकल यूनिवर्सिटी, दिल्ली एम्स के डॉ. सुधीर कुमार गुप्ता बने कुलपति
झारखंड सरकार ने मेडिकल शिक्षा को एकीकृत और बेहतर स्वरूप देने की दिशा में बड़ी पहल की है। रांची के ब्रांबे में राज्य में पहली मेडिकल यूनिवर्सिटी स्थापित की जा रही है
ललितपुर में शुक्रवार शाम हुई बारिश के दौरान दो अलग-अलग ट्रैक्टर-ट्रॉली हादसों में तीन लोगों की मौत हो गई। इन घटनाओं में एक बुजुर्ग महिला, उनकी परनातिन और एक अन्य महिला किसान शामिल हैं। पुलिस ने शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। पहला हादसा बानपुर थाना क्षेत्र के ग्राम भारौनी में हुआ। यहां 75 वर्षीय गौराबाई अहिरवार (पत्नी बिरजू अहिरवार) अपने परिवार के साथ खेत पर गेहूं की थ्रेसिंग कराने गई थीं। शुक्रवार शाम थ्रेसिंग पूरी होने के बाद बारिश शुरू हो गई। बारिश से बचने के लिए परिवार ने अनाज ट्रैक्टर-ट्रॉली में रखा और गौराबाई अपनी ढाई वर्षीय परनातिन राधिका (पुत्री रामकुमार) के साथ ट्रॉली में बैठ गईं। गांव लौटते समय रास्ते में गौराबाई और राधिका ट्रैक्टर-ट्रॉली से नीचे गिर गईं और पहियों के नीचे कुचल गईं। गौराबाई की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि राधिका को परिजन मेडिकल कॉलेज ले गए, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। बानपुर थानाध्यक्ष अरुण कुमार तिवारी ने बताया कि परिजनों ने अभी तक थाने में दुर्घटना की सूचना नहीं दी है। पुलिस बल को जानकारी जुटाने के लिए गांव भेजा गया है। दूसरा हादसा सदर कोतवाली क्षेत्र के ग्राम बुढ़वार में हुआ। यहां 40 वर्षीय रेखा यादव पत्नी रहीश अपने पति और अन्य परिजनों के साथ खेत पर फसल की थ्रेसिंग के लिए गई थीं। शुक्रवार शाम को मौसम बदला और बारिश शुरू हो गई। बारिश से बचने के लिए रेखा अपने पति और परिजनों के साथ ट्रैक्टर में बैठकर घर लौट रही थीं। रास्ते में वह अचानक ट्रैक्टर से गिर गईं और पहिए की चपेट में आ गईं, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गईं। परिजन उन्हें मेडिकल कॉलेज ले गए, लेकिन डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। मृतका के भतीजे पंकज यादव ने बताया कि रेखा के एक पुत्र और एक पुत्री है। वे शुक्रवार को खेत पर गए थे और बारिश के कारण ट्रैक्टर से लौटते समय यह हादसा हुआ।
संभल में अलविदा जुमे की नमाज के बाद ईद-उल-फितर की तैयारियां तेज हो गई हैं। चांद रात के मौके पर मुस्लिम समुदाय के लोग बाजारों में जमकर खरीदारी कर रहे हैं। शुक्रवार रात 11 बजे संभल कोतवाली क्षेत्र के मुख्य बाजार में हजारों की संख्या में लोग खरीदारी करते दिखे। सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने के लिए चप्पे-चप्पे पर पुलिस और पीएसी बल तैनात किया गया है। ईद के लिए मिठाइयां, सेवइयां, ड्राई फ्रूट्स, इत्र, गुलाब, मोगरा और मोतिया के फूल, जूते-चप्पल तथा कपड़ों की खूब बिक्री हो रही है। मध्यम वर्ग से लेकर अमीर-गरीब सभी लोग ईद को खुशी से मनाने के लिए नए कपड़े और घर की सजावट का सामान खरीद रहे हैं। सुबह हुई बारिश के कारण शुरुआत में बाजारों में रौनक कम थी, लेकिन शाम होते ही भीड़ उमड़ पड़ी। इत्र का व्यापार करने वाले तारिक हुसैन ने बताया कि सुबह बारिश के कारण काम हल्का रहा। वहीं, दुकानदार मोहम्मद रेहान ने कहा कि ₹100 वाली नाग टोपी सबसे ज्यादा पसंद की जा रही है, हालांकि ₹200, ₹300 और ₹500 तक की टोपियां भी उपलब्ध हैं। कॉस्मेटिक दुकानदार मोहम्मद नबील अहमद ने भी पुष्टि की कि सुबह बारिश के बाद बाजार में रौनक नहीं थी, लेकिन शाम और रात में अच्छी बिक्री हुई है। उन्होंने कहा कि ईद की चांद रात पर बाजारों में जमकर खरीदारी चल रही है। पूरे संभल जनपद में 300 कुंतल से अधिक गुलाब सहित विभिन्न प्रकार के फूलों की बिक्री होने की संभावना है। ईद के त्योहार के चलते फूलों के दाम भी बढ़ गए हैं। अजीम अब्बासी के अनुसार, जो फूलमाला पहले ₹30 की थी, वह अब ₹80 में मिल रही है।
विदेश में नौकरी के नाम पर युवाओं को जाल में फंसाकर उन्हें साइबर ठगी के अड्डों तक पहुंचाने वाले अंतरराष्ट्रीय नेटवर्क का राज्य साइबर पुलिस ने पर्दाफाश किया है। इस मामले में दो आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। खास बात यह है कि मध्यप्रदेश में पहली बार इस तरह के मामले में एमिग्रेशन एक्ट के तहत प्रकरण दर्ज किया गया है, जिसमें मानव तस्करी और आईटी एक्ट की धाराएं भी जोड़ी गई हैं। जिस मामले में कार्रवाई हुई है वह तीन महीने पुराना है। शुक्रवार को इसमें साइबर पुलिस ने दो गिरफ्तारी की है। झांसे से शुरू, बंधक बनाकर खत्म होता था सफरजांच में सामने आया कि भोपाल के एक युवक को डेटा एंट्री जॉब का लालच देकर पहले ऑनलाइन इंटरव्यू लिया गया और फिर थाईलैंड भेजा गया। वहां से उसे अवैध रूप से सीमा पार कर म्यांमार पहुंचाया गया, जहां साइबर ठगी करने वाले गिरोह के पास उसे बेच दिया गया। यहां उससे मारपीट कर ठगी करवाई जाती थी। बाद में म्यांमार की सेना ने उसे मुक्त कराया। दो राज्यों से जुड़े एजेंटों पर शिकंजासाइबर पुलिस की कार्रवाई में बिहार और उत्तरप्रदेश से जुड़े दो एजेंटों को गिरफ्तार किया गया है। एक आरोपी को बिहार से पकड़ा गया, जबकि दूसरे को दिल्ली एयरपोर्ट पर लुकआउट सर्कुलर के आधार पर दबोचा गया। इनके कब्जे से मोबाइल, टैबलेट और कई अहम दस्तावेज बरामद हुए हैं। पुलिस अब इनके नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की तलाश में जुटी है।सोशल मीडिया बना जाल, सैलरी का लालच हथियारगिरोह के सदस्य फेसबुक, इंस्टाग्राम, टेलीग्राम और व्हाट्सएप जैसे प्लेटफॉर्म्स के जरिए बेरोजगार युवाओं से संपर्क करते थे। उन्हें 30 से 40 हजार थाई बाथ तक की सैलरी का झांसा देकर डेटा एंट्री, एचआर या होटल इंडस्ट्री में नौकरी का ऑफर दिया जाता था। फर्जी इंटरव्यू के बाद उन्हें विदेश भेजकर तस्करी की जाती थी। सीमावर्ती इलाकों में ‘साइबर गुलामी’ का जालम्यांमार, लाओस और कंबोडिया की सीमाओं पर सक्रिय साइबर स्कैम ठिकानों में भारत समेत कई देशों के युवाओं को बंधक बनाकर काम कराया जा रहा है। इन ठिकानों से 30 से ज्यादा देशों में ऑनलाइन ठगी को अंजाम दिया जा रहा है। भारत, नेपाल, बांग्लादेश, श्रीलंका और अफ्रीकी देशों के युवक भी इस जाल में फंस रहे हैं।अलर्ट: ऐसे ऑफर दिखें तो तुरंत सावधानविदेश में नौकरी के नाम पर आने वाले ऑफर्स को लेकर सतर्क रहना जरूरी है। बिना सरकारी रजिस्ट्रेशन वाले एजेंट से दूरी बनाएं और जल्दबाजी में पासपोर्ट या यात्रा से जुड़े फैसले न लें। किसी भी संदिग्ध गतिविधि की जानकारी साइबर हेल्पलाइन 1930 या आधिकारिक पोर्टल पर दी जा सकती है।
संभल में यूपी बोर्ड हाईस्कूल और इंटरमीडिएट परीक्षाओं की उत्तर पुस्तिकाओं का मूल्यांकन कार्य अपेक्षित गति नहीं पकड़ पा रहा है। तीसरे दिन शुक्रवार को सीसीटीवी कैमरों की निगरानी में 15,764 कॉपियों का मूल्यांकन किया गया। जिला विद्यालय निरीक्षक (DIOS) सर्वेश कुमार ने बताया कि शुक्रवार को इंटरमीडिएट की 7,552 और हाईस्कूल की 8,212 उत्तर पुस्तिकाओं का मूल्यांकन 600 अध्यापकों द्वारा किया गया। तीन दिनों में कुल 15,105 इंटरमीडिएट और 19,559 हाईस्कूल की कॉपियों का मूल्यांकन पूरा हो चुका है। यह मूल्यांकन कार्य 18 मार्च से 1 अप्रैल तक चलेगा। जनपद में लगभग दो लाख से अधिक उत्तर पुस्तिकाओं का मूल्यांकन किया जाना है। इसके लिए पांच केंद्र बनाए गए हैं, जहां 24 घंटे सीसीटीवी कैमरों की निगरानी में पारदर्शी तरीके से कॉपियों की जांच की जा रही है। सुरक्षा के मद्देनजर सभी केंद्रों पर स्टेटिक मजिस्ट्रेट और पुलिस बल तैनात किया गया है, साथ ही कंट्रोल रूम से भी निगरानी रखी जा रही है। सभी परीक्षकों को पहचान पत्र जारी किए गए हैं और बिना आईडी के किसी को भी केंद्र में प्रवेश की अनुमति नहीं है। इसके अतिरिक्त, केंद्रों के खुलने और बंद होने की प्रविष्टि रजिस्टर में अनिवार्य की गई है। इस वर्ष 18 फरवरी से 12 मार्च तक आयोजित यूपी बोर्ड परीक्षाओं में संभल जनपद से कुल 51,432 परीक्षार्थी शामिल हुए थे, जिनमें 27,786 इंटरमीडिएट और 23,646 हाईस्कूल के छात्र-छात्राएं थे। जिला प्रशासन का दावा है कि मूल्यांकन कार्य को जल्द गति दी जाएगी, ताकि निर्धारित समय सीमा के भीतर परिणाम घोषित किए जा सकें।
बांसवाड़ा शहर की शांति और सांप्रदायिक सौहार्द बिगाड़ने के प्रयास के आरोप में कोतवाली थाना पुलिस ने एक युवक को गिरफ्तार किया है। आरोपी ने अपनी इंस्टाग्राम आईडी पर आपत्तिजनक वीडियो पोस्ट किया था। एसपी सुधीर जोशी के निर्देशन में हुई इस कार्रवाई को लेकर कोतवाली थानाधिकारी बुधराम ने बताया- प्रार्थी फिरदौस खान उर्फ जुबेर ने रिपोर्ट दर्ज कराई थी। रिपोर्ट में बताया कि गामतवाड़ा निवासी एक युवक ने अपनी इंस्टाग्राम आईडी पर एक वीडियो प्रसारित किया है। इसमें ईद के दिन शहर की सभी दुकानें बंद करने की धमकी दी गई थी। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस टीम ने दबिश देकर आरोपी युवक को सागवाड़ा से डिटेन किया। पुलिस ने आमजन से अपील की है कि किसी भी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर आपत्तिजनक वीडियो दिखने पर तुरंत पुलिस को सूचना दें।
लखनऊ के कई इलाकों में मध्यांचल विद्युत वितरण निगम लिमिटेड (MVVNL) की टीमों में बिजली चोरी के खिलाफ अभियान चलाया। इसमें बड़े बकायेदारों और बिजली चोरी करने वालों के खिलाफ छापेमारी की गई। स्मार्ट मीटर वाले कनेक्शनों पर फोकस रहा, जहां बैलेंस नेगेटिव होने के बावजूद लोग बिना रिचार्ज बिजली चला रहे थे। ऐसे में कनेक्शन काटे गए और चोरी के मामलों में पुलिस में FIR भी दर्ज कराई गई। यह अभियान बिजली चोरी रोकने, लाइन लॉस कम करने और नियमित भुगतान सुनिश्चित करने के लिए चलाया गया। विभाग का कहना है कि स्मार्ट मीटर में बैलेंस खत्म होने पर कनेक्शन ऑटोमैटिक कट जाता है, लेकिन कुछ लोग इसे बाईपास या एक्स्ट्रा तार लगाकर चोरी करते हैं, जो गंभीर अपराध है। अभियान में जानकीपुरम टीम ने कुल 80 उपभोक्ताओं के घर चेक किए गए। 11 मकान बंद मिले। 5 उपभोक्ता मीटर बाईपास कर अतिरिक्त केबल से चोरी करते पाए गए। 80 उपभोक्ताओं के घर चेक किए गए इसमें फातिमा पत्नी रहीस अहमद, मिटौली खुर्द, सीतापुर रोड (1.89 kW), अजनी पत्नी अल्ला रक्खू, मिटौली खुर्द (1.79 kW), गफूरे पुत्र मोहर्रम अली, मिटौली खुर्द (1.81 kW) के साथ में देवी पत्नी ईश्वर दीन, मिटौली खुर्द (1.23 kW), गुड्रडन सिंह पत्नी स्व. चैतन्य प्रकाश, प्लांट सख्या 63, गाटा नं. 440, बसेरा होम के खिलाफ बिजली चोरी का मुकदमा हुआ। धारा 136 में FIR दर्ज कराई गई बीकेटी जानकीपुरम के सभी 135 में जांच के बाद धारा 136 में FIR दर्ज कराई गई है। गोमतीनगर क्षेत्र के कुल 44 संयोजन चेक किए गए। इसमें 9 उपभोक्ताओं को MPPPCL स्मार्ट ऐप डाउनलोड कराकर नेगेटिव से पॉजिटिव बैलेंस करवाया। 22 लोग बिना रिचार्ज अवैध बिजली चला रहे थे। उनपर कार्रवाई हुई। इंदिरा नगर में 50 स्मार्ट मीटर की चेकिंग की गई। 24 लोगों को समझाकर रिचार्ज करवाया इसमें 24 लोगों को समझाकर रिचार्ज करवाया। एक व्यक्ति के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया गया। अमौसी क्षेत्र आलमबाग नगरीय वितरण खंड में चेकिंग अभियान चलाया गया। मध्य जोन के दीनदयाल रोड, अशरफाबाद में फोकस रहा। 8 मकान बंद मिले कुल 142 उपभोक्ताओं के घर चेक। इसमें 8 मकान बंद मिले। 82 ने नेगेटिव बैलेंस पॉजिटिव किया (रिचार्ज किया)। 3 संयोजन बिना भुगतान अवैध उपयोग करते पाए गए।धारा 135 के तहत कार्रवाई, नाम संतोष, अजय, राम शंकर चौधरी, मनोज, गुड्डू, रोहन, राजेंद्र कुमार, फजू, मो. उमर, रहीम आदि।
सनातन महोत्सव समिति द्वारा आगामी 26 मार्च को आयोजित होने वाली रामनवमी शोभायात्रा के पोस्टर व आमंत्रण पत्रिका का विमोचन शांतिनाथ महाराज के आशीर्वाद से भैरूनाथजी अखाड़ा में गादीपति गंगानाथ महाराज के द्वारा किया गया। समिति संयोजक अम्बालाल व्यास ने बताया कि शोभायात्रा को लेकर भैरूनाथ अखाड़े में बैठक का आयोजन किया गया। शोभायात्रा को भव्य व आकर्षक बनाने के लिए विभिन्न कमेटियों का गठन किया गया। इसमें धन संग्रह को लेकर तरुण सिद्धावत, बनवारीलाल शर्मा, पुखराज सुथार, तरुण त्रिवेदी, देवीलाल लोहार आदि की 2 कमेटी बनाई गई है। इसी प्रकार प्रचार प्रसार के लिए अम्बालाल व्यास, दिनेश जीनगर, राजकुमार चौहान व देवेन्द्र शर्मा, सुरक्षा कमेटी के लिए प्रवीण सिंह नाथावत व महेश सोलंकी, सफाई व मार्ग के लिये ओटाराम सोलंकी, अनुमति लिए अधिवक्ता दिलीप शर्मा व सुरेश सोलंकी, स्वागत समिति के लिए कैलाश माहेश्वरी, रतन माली व कैलाश लखारा, ध्वज कमेटी के लिए भरत बोराणा व महेश सोलंकी आदि नामों की सर्वसम्मति से घोषणा की गई। इस अवसर पर भैरूनाथ अखाड़ा के आनन्दनाथ महाराज, ईश्वरनाथ महाराज, शांतिलाल घांची, भरत घांची, जितेंद्र सेन, रतन माली, भोपाल प्रजापत, हितेश माली व किशोर प्रजापत सहित कई पदाधिकारियों की मौजूदगी रही।
लखनऊ की इमार गोमती ग्रीन सोसायटी में नव संवत्सर का पर्व हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। इस पावन अवसर पर सोसायटी परिसर में भव्य 'राम नाम संकीर्तन यात्रा' निकाली गई। इस दौरान पूरी सोसायटी 'श्री राम जय जय राम' एवं 'हरे कृष्ण' एवं जय माता दी के जयघोष से गुंजायमान हो उठी। लोग भक्तिभाव में सराबोर नजर आए। सनातन धर्म मंच के सहयोग से यात्रा इमार गोमती ग्रीन के जी ब्लॉक से प्रारंभ होकर फेज-2 होते हुए फेज-1 स्थित श्रद्धा के प्रमुख केंद्र गोमतेश्वर महादेव मंदिर पर संपन्न हुई। यात्रा के समापन पर मंदिर परिसर में गोमतेश्वर महादेव की आरती के साथ प्रसाद वितरण किया गया। सनातन संस्कृति, धार्मिक मूल्यों, सामाजिक समरसता और राष्ट्र निर्माण के उद्देश्यों पर चर्चा हुई। एक-दूसरे को नव संवत्सर की शुभकामनाएं दी इस अवसर पर सुष्मिता राय के भजन ने लोगों को मंत्रमुग्ध कर दिया। सोसायटी की महिलाओं ने उत्साह के साथ कार्यक्रम में शामिल होकर कार्यक्रम को सफल बनाने में अहम भूमिका निभाई। इस अवसर पर भारतीय संस्कृति एवं परंपराओं के संरक्षण और सनातन धर्म के सिद्धांतों के प्रचार-प्रसार का संकल्प लिया गया। सभी ने एक-दूसरे को नव संवत्सर की शुभकामनाएं दी। ये रहे मौजूद इस अवसर पर सनातन धर्म मंच के संरक्षक वी.एस. शुक्ला, विनोद कुमार तिवारी सहित आरडब्ल्यूए अध्यक्ष राज किशोर राकेश, अरविंद तिवारी, अनुराग पांडेय, रविंद्र नाथ राय, जेपी सिंह, रवि शुक्ला, सत्येंद्र सिंह, पवन पांडेय, अनिल कुमार पांडेय, सुधीर मिश्र, डॉ. रोहिताश, शशांक मिश्रा, श्वेता श्रीवास्तव, रेणु पांडे, उर्वशी गोयल, अनीता मौर्य, अपर्णा पांडेय, सुबीना, मोनिका, ज्योत्सना, प्रियंका सक्सेना, सीए शशांक मिश्र, रुद्रेश ओझा, राजीव सिंह, आशीष श्रीवास्तव, एसडी मौर्य, सहित बड़ी संख्या में सोसायटी के निवासियों की उपस्थिति रही।
संभल से समाजवादी पार्टी के सांसद जियाउर्रहमान बर्क ने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह को पत्र लिखकर उत्तम नगर में सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने की मांग की है। उन्होंने ईरान-इजरायल युद्ध पर भी चिंता व्यक्त करते हुए विश्व शक्तियों से शांति बनाए रखने की अपील की। यह बात उन्होंने ईद की चांद रात पर एक इफ्तार पार्टी में कही। सांसद बर्क ने उत्तम नगर की घटना को 'बेहद चिंताजनक' बताया। उन्होंने कहा कि कुछ लोगों द्वारा हथियार लहराकर प्रदर्शन किया गया, जिससे मुस्लिम समाज में भय का माहौल बना और कुछ लोग पलायन करने को मजबूर हुए। इस मामले को लेकर सांसद बर्क ने अन्य सांसदों के साथ मिलकर अमित शाह को पत्र लिखा है। उन्होंने मांग की है कि दिल्ली केंद्र शासित प्रदेश होने के कारण वहां की पुलिस गृह मंत्रालय के अधीन है, इसलिए सरकार को पर्याप्त सुरक्षा इंतजाम करने चाहिए और माहौल खराब करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करनी चाहिए। ईरान-इजरायल युद्ध पर चिंता जताते हुए बर्क ने कहा कि मौजूदा हालात गंभीर हैं और इस तरह के युद्ध से निर्दोष लोगों की जान जा रही है। उन्होंने विश्व की महाशक्तियों से अपनी ताकत का दुरुपयोग न करने और इजरायल-अमेरिका द्वारा हो रहे जानमाल के नुकसान को रोकने की अपील की। सांसद ने कहा कि उन्होंने पहले भी अमेरिका और इजरायल की नीतियों पर सवाल उठाए हैं। उनका मानना है कि किसी भी देश पर दबाव बनाकर या युद्ध थोपकर समस्याओं का समाधान नहीं निकाला जा सकता। उन्होंने युद्ध पर रोक लगाने, शांति कायम करने और दुनिया में अमन व भाईचारा बनाए रखने की अपील की, ताकि निर्दोष लोगों की जान बचाई जा सके।
मधुबनी जिले में शुक्रवार और शनिवार की दरमियानी रात तेज आंधी-तूफान और भारी वर्षा हुई। मौसम विभाग ने जिले के लिए रेड अलर्ट जारी किया था। इस प्राकृतिक आपदा से जिले में व्यापक क्षति हुई है, जिसमें जनजीवन और फसलें बुरी तरह प्रभावित हुई हैं। तेज आंधी-तूफान के कारण बेनीपट्टी-उमगांव मुख्य सड़क पर हिसार गांव के पास एक विशाल पेड़ गिर गया, जिससे घंटों तक आवागमन बाधित रहा। जिले में कई स्थानों पर बिजली के खंभे भी गिर गए, जिसके परिणामस्वरूप रात भर बिजली आपूर्ति पूरी तरह ठप रही। ग्रामीण क्षेत्रों में बिजली गुल रही शहर को छोड़कर मधुबनी जिले के ग्रामीण क्षेत्रों में भर बिजली गुल रही, जिससे लोगों को भारी कठिनाई का सामना करना पड़ा। बासोपट्टी प्रखंड के महीनाथपुर, खौना, छतौनी सहित सीमावर्ती पंचायतों में बिजली आपूर्ति बाधित रही। इसी तरह, हरलाखी प्रखंड के करुणा और बिशौल जैसे क्षेत्रों में भी बिजली ठप हो गई। फुलपरास अनुमंडल के लौकही, खुटौना, बाबूबरही, लदनिया और जयनगर सहित कई अन्य स्थानों पर भी बिजली आपूर्ति प्रभावित हुई। कुछ जगहों पर ओले गिरने से भी भारी नुकसान हुआ है। आंधी-तूफान और वर्षा से रबी की फसलें बुरी तरह प्रभावित आंधी-तूफान और वर्षा से रबी की फसलें बुरी तरह प्रभावित हुई हैं, खासकर गेहूं को भारी नुकसान पहुंचा है। किसानों का कहना है कि गेहूं, मसूरी सहित अन्य रबी फसलें कटाई के लिए पूरी तरह तैयार थीं, लेकिन अब वे बर्बाद हो गई हैं। वाट्सन प्लस टू उच्च विद्यालय परिसर में आयोजित मिथिला महोत्सव में भी तेज आंधी-तूफान के कारण व्यवधान उत्पन्न हुआ।
सीतापुर में लखनऊ रेंज आईजी किरण एस ने शुक्रवार देर शाम कोतवाली नगर का आकस्मिक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने कानून-व्यवस्था को लेकर अधिकारियों को कड़े निर्देश दिए, खासतौर पर आगामी पंचायत चुनाव को देखते हुए सतर्कता बढ़ाने पर जोर दिया। आईजी किरण एस ने कहा, चुनाव से पहले रंजिश में होने वाली घटनाओं को रोकने के लिए बीट आरक्षियों और बीट पुलिसिंग में तैनात दरोगाओं की जिम्मेदारी तय की गई है। उन्होंने पुराने विवादों में त्वरित कार्रवाई और लूट-डकैती की घटनाओं की रोकथाम के लिए हिस्ट्रीशीटरों का सत्यापन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। आईजी ने निरीक्षण के दौरान थाना कार्यालय में रखे अपराध रजिस्टर, त्योहार रजिस्टर, मालखाना रजिस्टर, विवेचना रजिस्टर और फ्लाई शीट सहित अन्य अभिलेखों का बारीकी से निरीक्षण किया गया। साथ ही साइबर सेल, कंप्यूटर कक्ष, महिला हेल्प डेस्क, बैरक, भोजनालय और मालखाना की व्यवस्थाओं को भी परखा गया। विभिन्न पोर्टल पर की जाने वाली फीडिंग और “9 वर्टिकल्स” की समीक्षा भी की गई। आईजी ने मिशन शक्ति केंद्र का निरीक्षण कर वहां तैनात स्टाफ को पीड़ित महिलाओं के साथ संवेदनशील व्यवहार करने और मामलों के निस्तारण के बाद फीडबैक लेने के निर्देश दिए। साइबर हेल्प डेस्क कर्मियों को तकनीकी दक्षता बढ़ाने और पीड़ितों को त्वरित सहायता देने पर विशेष जोर दिया गया। इस दौरान एसपी अंकुर अग्रवाल, एएसपी उत्तरी आलोक सिंह, एएसपी दक्षिणी दुर्गेश सिंह और सीओ सिटी विनायक भोसले सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे।
लखनऊ के PWD मुख्यालय में आग लगने की घटना अब सवालों के घेरे में है। जहां विभाग इसे मामूली तकनीकी खराबी बताकर किसी नुकसान से इनकार कर रहा है। वहीं सूत्रों का दावा है कि इस आग में सड़क निर्माण से जुड़े अहम दस्तावेज और उपकरण जलकर खाक हो गए। मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच समिति गठित कर दी गई है। आधिकारिक जानकारी के मुताबिक 19 मार्च की रात निर्माण भवन स्थित प्रमुख अभियंता कार्यालय परिसर के कक्ष संख्या A-014 में कंप्यूटर उपकरण में आग लगी। 20 मार्च की सुबह जब कमरे को खोला गया तो अंदर धुआं भरा हुआ था, हालांकि तब तक आग खुद ही बुझ चुकी थी। विभाग ने तत्काल आवश्यक कार्रवाई किए जाने का दावा किया है। विभाग का दावा- कोई फाइल या अभिलेख क्षतिग्रस्त नहीं PWD अधिकारियों का कहना है कि आग केवल एक कमरे तक सीमित रही और आसपास के किसी अन्य कक्ष में नहीं फैली। विभाग के मुताबिक किसी भी महत्वपूर्ण दस्तावेज या अभिलेख को नुकसान नहीं पहुंचा है और स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में रही। परियोजनाओं के दस्तावेज जले वहीं, विभागीय सूत्र इस दावे से अलग तस्वीर पेश कर रहे हैं। उनका कहना है कि आग में प्रदेश स्तर की सड़क परियोजनाओं से जुड़े महत्वपूर्ण दस्तावेज, आगणन फाइलें और कंप्यूटर उपकरण जल गए। हाल के महीनों में करोड़ों के टेंडर जारी हुए थे, जिनमें कई मामलों को लेकर विवाद भी सामने आए थे। ऐसे में आग की घटना को लेकर संदेह गहरा गया है। सुरक्षा व्यवस्था और वायरिंग पर उठे सवाल घटना के बाद कार्यालय की सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवाल खड़े हो रहे हैं। बताया जा रहा है कि भवन की वायरिंग लंबे समय से खराब थी और कई बार एस्टीमेट बनने के बावजूद उसे ठीक नहीं कराया गया। आग लगने के संभावित कारणों में शॉर्ट सर्किट की आशंका जताई जा रही है। फायर ब्रिगेड को सूचना नहीं देने पर भी विवादआग लगने के दौरान फायर ब्रिगेड को सूचना नहीं दी गई और विभागीय कर्मचारियों ने खुद ही आग बुझाने का प्रयास किया। यह सुरक्षा मानकों की गंभीर अनदेखी मानी जा रही है। दो सदस्यीय जांच समिति गठित, तीन दिन में रिपोर्ट पूरे मामले की जांच के लिए अधीक्षण अभियंता चन्द्रशेखर और अधिशासी अभियंता मुनेश्वर सिंह की दो सदस्यीय समिति गठित की गई है। समिति को तीन दिन के भीतर रिपोर्ट सौंपने के निर्देश दिए गए हैं, जिससे यह स्पष्ट हो सके कि आग का असली कारण क्या था और नुकसान की वास्तविक स्थिति क्या है।
मंदसौर में चांद दिखते ही ईद का ऐलान:कल सुबह 8:45 बजे ईदगाह में मुख्य नमाज
मंदसौर में शुक्रवार देर शाम चांद नजर आने के साथ ही ईद-उल-फितर मनाने का ऐलान हो गया। कल (शनिवार) पूरे देश के साथ मंदसौर में भी ईद का पर्व श्रद्धा, उल्लास और उत्साह के साथ मनाया जाएगा। एक माह तक रोजे रखने के बाद मुस्लिम समाज में ईद को लेकर खासा उत्साह देखा जा रहा है। रमजान के पूरे 30 दिन तक मुस्लिम समाज के लोगों ने रोजे रखकर इबादत की। भूखे-प्यासे रहकर अल्लाह की बंदगी करने के बाद अब ईद का मुबारक दिन शनिवार को मनाया जाएगा। इसे लेकर बच्चों से लेकर बुजुर्गों तक में खुशी का माहौल है। ईद को लेकर शहर के बाजारों में जबरदस्त भीड़ देखने को मिल रही है। लोग नए कपड़े, सेवइयां और अन्य जरूरी सामान की खरीदारी में जुटे हैं। वहीं खानपुरा स्थित ईदगाह को भी विशेष रूप से सजाया गया है, जहां शहर की मुख्य नमाज अदा की जाएगी। सुबह 8:45 बजे होगी मुख्य नमाजशहर काजी आसिफ अल्लाह के अनुसार, शनिवार सुबह 8:45 बजे खानपुरा स्थित ईदगाह में मुख्य नमाज अदा की जाएगी। इसके बाद शहर की अन्य मस्जिदों में नमाज का सिलसिला जारी रहेगा। ईद के मौके पर शहर की प्रमुख मस्जिदों नयापुरा गौसिया मस्जिद, मदीना मस्जिद, बिलाल मस्जिद, नाहर सैयद दरगाह मस्जिद, मदारपुरा मस्जिद सहित विभिन्न क्षेत्रों की मस्जिदों में नमाज अदा की जाएगी। गले मिलकर देंगे मुबारकबाद, सेवइयों से बढ़ेगी मिठासनमाज के बाद लोग एक-दूसरे के गले मिलकर ईद की मुबारकबाद देंगे। घर-घर सेवइयों और मिठाइयों के साथ इस पर्व की खुशियां साझा की जाएंगी। ईद पर सेवा का संदेश: सफाई कर्मियों को भेंट किए कपड़ेईद के अवसर पर सामाजिक सरोकार भी देखने को मिला। मुल्तानपुरा के सरपंच मुख्तियार मथारिया ने 8 से 10 सफाई कर्मचारियों को कपड़े और साड़ियां भेंट कीं। उन्होंने बताया कि ये कर्मचारी गांव और शहर को स्वच्छ रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं, इसलिए ईद के मौके पर उन्हें यह तोहफा दिया गया। बता दें कि ईद का त्योहार आपसी प्रेम, भाईचारे और सौहार्द का प्रतीक है। मंदसौर में भी यह पर्व हर वर्ष की तरह इस बार भी सामाजिक एकता और सद्भाव के साथ मनाया जाएगा।
इंदौर हाई कोर्ट ने शुक्रवार को नागदा नगर पालिका अध्यक्ष संतोष ओपी गहलोत के वित्तीय अधिकारों पर 6 हफ्तों के लिए रोक लगा दी है। कोर्ट के इस आदेश के बाद अब वे किसी भी सरकारी भुगतान या वित्तीय फाइल पर साइन नहीं कर पाएंगी। इससे शहर के विकास कार्यों और नगर पालिका के कामकाज पर बड़ा असर पड़ने की आशंका है। यह पूरा मामला गजट नोटिफिकेशन (राजपत्र में सूचना) से जुड़ा है। भाजपा नेता अशोक मावर और कांग्रेस पार्षद प्रतिनिधि राजकुमार राठौर ने एक याचिका दायर की थी। इसमें बताया गया कि प्रदेश की 395 नगर पालिकाओं और परिषदों के अध्यक्ष-उपाध्यक्षों का गजट नोटिफिकेशन सरकार ने समय पर जारी नहीं किया है। जज प्रणय वर्मा की बेंच ने साफ कहा कि बिना वैध नोटिफिकेशन के वित्तीय अधिकार मान्य नहीं होंगे। प्रशासन की लापरवाही नियम के मुताबिक, चुनाव के एक महीने के भीतर यह नोटिफिकेशन जारी होना जरूरी है। मध्य प्रदेश में निकाय चुनाव 2022 में हुए थे, लेकिन सत्ता परिवर्तन और प्रशासनिक सुस्ती के कारण अब तक यह प्रक्रिया पूरी नहीं हो पाई। नागदा के साथ-साथ शुक्रवार को जावरा समेत दो अन्य नगर पालिकाओं के अध्यक्षों के अधिकारों पर भी ऐसी ही रोक लगाई गई है। क्या होगा असर? नगर पालिका के ठेकेदारों और कर्मचारियों के वेतन या भुगतान में देरी हो सकती है। विकास से जुड़ी नई फाइलें और टेंडर प्रक्रिया अटक सकती है। वित्तीय पावर न होने से शहर की सफाई या बिजली जैसे जरूरी कामों के बजट पर असर पड़ सकता है। आगे क्या? हाई कोर्ट ने नगर पालिका को अपना पक्ष रखने के लिए 6 हफ्ते का समय दिया है। इस मामले में अध्यक्ष प्रतिनिधि ओपी गहलोत का कहना है कि वे कोर्ट के आदेश की कॉपी का अध्ययन कर रहे हैं और वकीलों से सलाह लेने के बाद ही अगला कदम उठाएंगे।
देवरिया में घरेलू गैस सिलेंडरों के व्यावसायिक उपयोग और कालाबाजारी के खिलाफ प्रशासन ने सख्त कार्रवाई की है। विभिन्न स्थानों पर की गई छापेमारी में कुल 48 गैस सिलेंडर बरामद किए गए हैं। इस संबंध में सात लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है। शुक्रवार को बरहज के नायब तहसीलदार रविंद्र मौर्य के नेतृत्व में आपूर्ति विभाग की टीम ने मईल चौराहे पर छापेमारी की। इस दौरान रामा स्वीट हाउस और दिनेश स्वीट हाउस नामक दो मिठाई दुकानों से 9 घरेलू गैस सिलेंडर जब्त किए गए। जांच में पाया गया कि इन सिलेंडरों का व्यावसायिक उपयोग किया जा रहा था, जो नियमों का उल्लंघन है। बरामद सिलेंडरों में 5 भरे, 3 उपयोग में और 1 खाली सिलेंडर शामिल थे। इससे पहले गुरुवार को भी प्रशासन की संयुक्त टीम ने जिले के कई स्थानों पर बड़ी कार्रवाई की थी। भाटपाररानी के विंध्यवासिनी कॉलोनी स्थित एक मिठाई फैक्ट्री से 2 आंशिक भरे, 10 खाली और 2 व्यावसायिक सिलेंडर बरामद किए गए। वहीं, बेलपार पंडित में एक घर से 20 खाली सिलेंडर जब्त किए गए। बरहज और भलुअनी क्षेत्रों में भी कार्रवाई की गई। टीम ने मनीष स्वीट्स से 2 घरेलू सिलेंडर और अटल तिराहा स्थित चूल्हा रिपेयरिंग की दुकान से 1 भरा, 5 खाली और 6 छोटे सिलेंडर बरामद किए। सभी जब्त सिलेंडरों को टीम ने अपने कब्जे में ले लिया है। रुद्रपुर क्षेत्र में गैस की किल्लत की शिकायत मिलने पर भी छापेमारी की गई। यहां एक घर से अवैध रूप से गैस रिफिलिंग करते हुए 7 खाली, 1 भरा सिलेंडर और एक रिफिलिंग मशीन बरामद की गई। इन सभी कार्रवाइयों की रिपोर्ट जिला पूर्ति अधिकारी को सौंप दी गई है। जिलाधिकारी की संस्तुति पर संबंधित प्रतिष्ठानों के मालिकों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराने के लिए तहरीर दी गई है। पूर्ति अधिकारी संजय कुमार पाण्डेय ने बताया कि घरेलू गैस का व्यावसायिक उपयोग पूरी तरह प्रतिबंधित है। उन्होंने स्पष्ट किया कि इस तरह की अवैध गतिविधियों के खिलाफ प्रशासन की कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी।
फिरोजाबाद के टूंडला थाना क्षेत्र के त्रिलोकपुर गांव में उपलों (कंडों) के बिटोरे को लेकर हुए विवाद ने हिंसक रूप ले लिया। इस दौरान हुई फायरिंग में एक 8 वर्षीय बच्चे सहित दो महिलाएं घायल हो गईं। घटना के बाद गांव में तनाव का माहौल है। जानकारी के अनुसार, गांव निवासी ओमप्रकाश जाटव का ट्रैक्टर-ट्रॉली आलू लेकर कोल्ड स्टोरेज जा रहा था। रास्ते में ट्रैक्टर सड़क किनारे रखे धर्मवीर जाटव के उपलों के बिटोरे से टकरा गया, जिससे बिटोरा गिर गया। धर्मवीर की पत्नी नीरज देवी ने इसका विरोध किया, लेकिन आरोप है कि ट्रैक्टर चालक गाली-गलौज करते हुए वहां से चला गया। शाम को नीरज देवी ने अपने परिजनों को घटना की जानकारी दी। इसके बाद परिजन शिकायत लेकर ओमप्रकाश के घर पहुंचे। यहां दोनों पक्षों के बीच कहासुनी शुरू हो गई, जो जल्द ही उग्र विवाद में बदल गई। आरोप है कि ओमप्रकाश पक्ष ने गाली-गलौज करते हुए फायरिंग कर दी। फायरिंग में रेखा देवी (40 वर्ष), नीलम देवी (30 वर्ष) और 8 वर्षीय रोहित घायल हो गए। गोली चलने की आवाज सुनकर ग्रामीण घरों से बाहर निकल आए। सूचना मिलने पर पुलिस तत्काल मौके पर पहुंची और घायलों को जिला अस्पताल पहुंचाया, जहां उनका इलाज जारी है। थाना प्रभारी अनिल कुमार सिंह ने बताया कि यह घटना उपलों के विवाद को लेकर हुई है। उन्होंने यह भी बताया कि घायल सभी लोगों की हालत खतरे से बाहर है। पुलिस ने बताया कि अभी तक इस मामले में कोई तहरीर प्राप्त नहीं हुई है। तहरीर मिलने के बाद मुकदमा दर्ज कर आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। पुलिस फिलहाल आरोपियों की तलाश कर रही है और गांव में शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस बल तैनात कर दिया गया है।
कोरबा जिले के बांकी मोंगरा थाना क्षेत्र में शुक्रवार रात एक सड़क हादसे में एक बच्ची की मौत हो गई। गवन (नई दुल्हन) लेकर लौट रही गाड़ी अनियंत्रित होकर पलट गई। हादसे में 10 लोग घायल हो गए। जिन्हें अस्पताल में भर्ती करवाया गया है। यह घटना बांकी मोंगरा थाना क्षेत्र के दो नंबर डबरीपारा मोड़ के पास हुई। तूफान वाहन (CG 11 BJ 9084) ग्राम कसरेंगा से कोरबा के दादर खुर्द की ओर जा रहा था। वाहन में लगभग 11 लोग सवार थे, जिनमें अधिकांश महिलाएं और बच्चे शामिल थे। हादसे में एक बच्ची की मौत हादसे में एक बच्ची की मौके पर ही मौत हो गई। वहीं, आधा दर्जन से अधिक लोग घायल हुए हैं। सभी घायलों को बांकी मोंगरा के एसईसीएल अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उनका इलाज जारी है। सूचना मिलते ही बांकी मोंगरा पुलिस तत्काल मौके पर पहुंची। दर्री सीएसपी भी घटना स्थल पर पहुंचे और स्थिति का जायजा लिया। बताया जा रहा है कि यह वाहन सर्वमंगला चौकी क्षेत्र के सोनपुरी गांव का था, जिसे किराए पर लिया गया था। घटना के बाद से वाहन चालक फरार है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
शाजापुर में श्री मेढ़ क्षत्रिय स्वर्णकार समाज महिला संगठन ने शुक्रवार शाम को गणगौर पर्व के उपलक्ष्य में शोभायात्रा निकाली। शाम 5 बजे शुरू हुई इस यात्रा में समाज की महिलाओं और युवतियों ने बड़ी संख्या में उत्साहपूर्वक भाग लिया। महिला संगठन की नगर अध्यक्ष नीता शिवाजी सोनी ने बताया कि वरिष्ठ संरक्षकों के मार्गदर्शन में यह पर्व हर साल की तरह इस बार भी पारंपरिक रीति-रिवाजों के साथ मनाया गया। शोभायात्रा वजीरपुरा स्थित लक्ष्मीनारायण मंदिर से शुरू होकर शहर के प्रमुख मार्गों से गुजरी। रास्ते में जगह-जगह समाज के वरिष्ठजनों, नगर समिति, युवा संगठन और जिला संगठन के पदाधिकारियों ने यात्रा का आत्मीय स्वागत किया। सुख-समृद्धि की कामना शहर के मुख्य रास्तों से होती हुई यह शोभायात्रा धान मंडी स्थित श्री ओंकारेश्वर महादेव मंदिर पहुंची। यहां महिलाओं ने भगवान महादेव की विशेष पूजा-अर्चना की। इस दौरान महिलाओं ने अपने पति की लंबी उम्र के साथ-साथ परिवार की सुख, शांति और समृद्धि के लिए मंगल कामना की।
चील्ह थाना क्षेत्र के मदन पट्टी गांव में शुक्रवार शाम बच्चों के विवाद ने अचानक हिंसक रूप ले लिया। दो पक्षों में जमकर लाठी-डंडे और ईंट-पत्थर चले, जिसमें दोनों पक्षों से 11 लोग घायल हो गए। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। घटना से जुड़ी तस्वीरें… अब विस्तार से जानिए पूरा मामला… बच्चों के झगड़े से शुरू हुआ विवाद जानकारी के अनुसार, शाम करीब 5 बजे गांव में कुछ बच्चे खेल रहे थे। इसी दौरान उनके बीच कहासुनी शुरू हो गई। मामला जब परिजनों तक पहुंचा तो विवाद ने कुछ ही देर में उग्र रूप ले लिया और देखते ही देखते दोनों पक्ष आमने-सामने आ गए। दोनों पक्षों में चले लाठी-डंडे और ईंट-पत्थर विवाद देखते ही देखते इतना बढ़ गया कि दोनों पक्ष आमने-सामने आ गए और एक-दूसरे पर लाठी-डंडों, ईंट-पत्थरों तथा धारदार हथियारों से हमला करने लगे। अचानक शुरू हुई इस हिंसा से पूरे इलाके में अफरा-तफरी मच गई। आसपास मौजूद लोगों दहशत छा गई। दोनों पक्षों से कई लोग घायल एक पक्ष से विनय सोनकर और उनकी माता सरोज देवी घायल हुईं। सरोज देवी ने चील्ह थाने में विपक्षी आठ लोगों के खिलाफ तहरीर दी है। वहीं, दूसरे पक्ष से करन सोनकर, विनोद सोनकर, पिंटू सोनकर, यशराज सोनकर, आयुष, ऋषिका सोनकर, सरोज देवी, कुमारी देवी और एक छोटा बच्चा घायल हुए। करन सोनकर ने 13 नामजद और 25 से 30 अज्ञात लोगों के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई है। दो की हालत गंभीर पुलिस ने सभी घायलों को प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र चील्ह पहुंचाया, जहां उनका प्राथमिक उपचार किया गया। गंभीर रूप से घायल विनय सोनकर और विनोद सोनकर को मंडलीय चिकित्सालय रेफर किया गया है। थाना प्रभारी रविंद्र भूषण मौर्य ने बताया कि मामूली विवाद को लेकर दोनों पक्षों में मारपीट हुई है। दोनों पक्षों से तहरीर प्राप्त हुई है और मामले में विधिक कार्रवाई की जा रही है।
झाबुआ जिले के पेटलावद क्षेत्र में कैबिनेट मंत्री निर्मला भूरिया ने शुक्रवार को तीन प्रमुख सड़क मार्गों का विधि-विधान से भूमिपूजन किया। करोड़ों रुपए की लागत से बनने वाली इन पक्की सड़कों से न केवल दर्जनों गांवों की राह आसान होगी, बल्कि क्षेत्रीय विकास और व्यापार को भी नई गति मिलेगी। 40 किमी लंबा मुख्य मार्ग बनेगा लाइफलाइन भूमिपूजन किए गए कार्यों में सबसे महत्वपूर्ण मोहनपुरा-धतुरिया-झकनावदा-टिमायची मार्ग है। 40.10 किलोमीटर लंबे इस वृहद सड़क प्रोजेक्ट पर 8819.53 लाख रुपये खर्च किए जाएंगे। यह मार्ग क्षेत्र के एक बड़े ग्रामीण हिस्से को आपस में जोड़ने वाली मुख्य लाइफलाइन साबित होगा। अन्य प्रमुख संपर्क मार्गों का भी शुभारंभ मुख्य मार्ग के साथ ही मंत्री भूरिया ने दो अन्य महत्वपूर्ण संपर्क मार्गों की भी आधारशिला रखी: मातापाड़ा भद्रकाली मंदिर से सागड़िया: 1.50 किलोमीटर लंबा मार्ग। डाबड़ी फाटा से बैगनबर्डी: 1.20 किलोमीटर लंबा मार्ग। पक्की सड़कें विकास की पहली सीढ़ी विकास कार्यों के शुभारंभ अवसर पर मंत्री निर्मला भूरिया ने ग्राम बैकल्दा और बैगनबर्डी में ग्रामीणों व कार्यकर्ताओं को संबोधित किया। उन्होंने कहा कि पक्की सड़कों का निर्माण क्षेत्र के हजारों नागरिकों की पुरानी मांग थी, जिसे अब अमलीजामा पहनाया जा रहा है। उन्होंने समग्र विकास के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दोहराते हुए कहा कि बेहतर कनेक्टिविटी से शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं तक पहुंच भी आसान होगी।
मऊगंज में चांद दिखा, कल मनाई जाएगी ईद:शहर काजी बोले- लोग ईदगाह में सुबह 8:30 बजे नमाज अदा करेंगे
रमजान के पाक महीने के समापन और चांद के दीदार के साथ ही मऊगंज जिले सहित देशभर में 21 मार्च को ईद-उल-फितर का त्योहार हर्षोल्लास के साथ मनाया जाएगा। शहर काजी मौलाना आरिफ मंसूरी ने ईद की नमाज का समय तय कर दिया है और सभी से अमन-चैन के साथ त्योहार मनाने की अपील की है। शहर काजी मौलाना आरिफ मंसूरी ने बताया कि रमजान का महीना हमें इंसानियत, सब्र और जरूरतमंदों की मदद करना सिखाता है। महीने भर के रोजों और इबादत के बाद अब खुशियां बांटने का वक्त आ गया है। उन्होंने कहा कि ईद का यह त्योहार आपसी भाईचारे और मोहब्बत का प्रतीक है। नमाज का समय तय मऊगंज और आसपास के इलाकों में ईद की नमाज के लिए अलग-अलग समय तय किए गए हैं- जामा मस्जिद (ईदगाह): सुबह 8:30 बजे मऊगंज नगर: सुबह 8:30 बजे देवरा खटखरी: सुबह 8:30 बजे नईगढ़ी: सुबह 8:45 बजे घूरेहटा: सुबह 8:00 बजे पहाड़ी: सुबह 7:30 बजे खुशियों और मिठास का त्योहार ईद के मौके पर लोग नए कपड़े पहनकर मस्जिदों और ईदगाहों में खुदा की इबादत करेंगे। घरों में विशेष पकवान और सेवइयां बनाई जाएंगी। शहर काजी ने सभी से गुजारिश की है कि इस त्योहार को पूरे उत्साह और सामाजिक सौहार्द के साथ मनाएं ताकि समाज में शांति और एकता का संदेश जाए।
मधुबनी के हरलाखी में एक महिला ने पति पहली शादी छुपा कर दूसरी शादी करने का आरोप लगाया है। उसका कहना है कि मेरे पति पहले से शादी शुदा थे लेकिन उन्होंने इसकी बिना जानकारी दिए मुझसे दूसरी शादी कर ली। आगे उसने कहा कि इसके बाद उन्होंने मुझे एक किराए के मकान में रखा लेकिन कुछ दिनों के बाद वो घर चले गए यहां तक कि मेरा खर्च भी देने से मना कर दिया। जबकि मै पांच महीने की प्रेगनेंट थी। वहीं जब घर पहुंची तो पति के पिता ने कहा कि 2 लाख दहेज दो तब घर में रहने दूंगा। पीड़ित महिला की पहचान 19 वर्षीय काजल कुमारी के रूप में हुई है जबकि आरोपी पति का नाम रविंद्र साह है। गर्भावस्था के बाद पति ने किया खर्च बंद दर्ज प्राथमिकी के अनुसार, काजल कुमारी ने आरोप लगाया है कि उनके पति रविंद्र साह पहले से शादीशुदा थे, फिर भी उन्होंने काजल को प्रेमजाल में फंसाकर शादी कर ली। शादी के बाद, 7 जुलाई 2025 को उन्हें हरलाखी में एक किराए के मकान में रखा गया। पीड़िता ने बताया कि वह पांच माह की गर्भवती हो गईं, जिसके बाद पति ने खर्च देना बंद कर दिया और अपने घर चले गए। ससुराल वालों ने मांगा 2 लाख रुपये दहेज 8 मार्च को काजल जब अपने पति के घर पहुंचीं, तो पति छिप गए। उनके घर के सदस्य चंदन साह, मनोज साह, अंजली देवी और नेहा देवी ने कुछ अन्य लोगों के साथ मिलकर काजल से कहा कि यदि वह घर में रहना चाहती हैं, तो अपने पिता से 2 लाख रुपये दहेज लेकर आएं। काजल ने बताया कि उनके माता-पिता गरीब हैं, इसलिए वे दहेज नहीं दे सकते। यह सुनते ही सभी ने उनके साथ मारपीट की और उन्हें घर से भगा दिया। पीड़िता ने अपनी शिकायत में दर-दर भटकने पर मजबूर होने की बात कही है और ठोस कार्रवाई की मांग की है। पुलिस जांच में जुटी हरलाखी थानाध्यक्ष रंजीत कुमार ने बताया कि पुलिस मामले की जांच में जुट गई है। इस कांड का अनुसंधान सब-इंस्पेक्टर महानंद सोरेन कर रहे हैं।
कटनी के कई इलाकों में बारिश, ओले गिरे:गेहूं, चना, मसूर को नुकसान, फसलों की कटाई के बीच गिरा पानी
कटनी जिले के बहोरीबंद में बाकल पठार के पटीराजा ग्राम सहित आसपास के इलाकों में शुक्रवार शाम करीब 7:30 बजे अचानक पानी गिरा। बेमौसम बारिश और ओलावृष्टि से किसानों की चिंता बढ़ गई है। खेतों में पककर तैयार खड़ी और कटकर रखी फसलें पूरी तरह भीग गईं, जिससे भारी नुकसान की आशंका है। क्षेत्रीय किसानों ने बताया कि गेहूं, चना, मसूर और सरसों की फसलें पूरी तरह तैयार थीं और कई जगह कटाई का काम भी शुरू हो चुका था। अचानक गिरे ओलों और तेज बारिश की वजह से कटी हुई फसलें खेतों में ही गीली हो गई हैं। किसानों का कहना है कि इस प्राकृतिक आपदा ने उनकी साल भर की मेहनत और जमापूंजी पर पानी फेर दिया है। मार्च में लौटी ठिठुरन इस ओलावृष्टि का असर केवल खेती तक ही सीमित नहीं रहा। अचानक हुई बारिश और ठंडी हवा के कारण पूरे जिले के तापमान में भारी गिरावट दर्ज की गई है। मार्च के महीने में एक बार फिर कड़ाके की ठंड और ठिठुरन का अहसास होने लगा है, जिससे आम जनजीवन भी प्रभावित हुआ है। मुआवजे की मांग भारी नुकसान को देखते हुए क्षेत्र के किसानों ने प्रशासन से मदद की गुहार लगाई है। किसानों की मांग है कि राजस्व विभाग की टीम जल्द से जल्द खेतों का सर्वे करे और फसलों के नुकसान का सही आकलन कर उचित मुआवजा दिलाए, ताकि उन्हें इस संकट की घड़ी में कुछ राहत मिल सके।
पीलीभीत में प्रधानमंत्री सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना के नाम पर धोखाधड़ी का मामला सामने आया है। एक सोलर पैनल विक्रेता से करीब डेढ़ लाख रुपये की ठगी की गई। बकाया मांगने पर उसे झूठे मुकदमे में फंसाने की धमकी भी दी गई। शहर कोतवाली पुलिस ने पीड़ित की शिकायत पर बैंक के एक सेवानिवृत्त कर्मचारी, उनकी पत्नी और बेटे के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुरानी नकटादाना चौराहा स्थित 'पीवीएस ट्रेडर्स' के मालिक प्रीतम शर्मा ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि वह पीएम सूर्यघर योजना के तहत सोलर पैनल लगाने का काम करते हैं। दिसंबर में कृष्ण लोक कॉलोनी निवासी सुनीता देवी, उनके पति रामदास (जो एसबीआई से सेवानिवृत्त कर्मचारी हैं) और उनका बेटा अमन उनके कार्यालय आए थे। उन्होंने अपने घर पर तीन किलोवाट का सोलर रूफटॉप प्लांट लगवाने के लिए 1.95 लाख रुपये का अनुबंध किया था। प्रीतम शर्मा के अनुसार, रामदास से पुराने परिचय और अच्छे संबंधों के कारण उन्होंने उन पर भरोसा किया। बैंक ऋण स्वीकृत होने की औपचारिकता पूरी होने से पहले ही उन्होंने प्लांट स्थापित कर उसे चालू कर दिया। सोलर प्लांट लगने के कुछ समय बाद, तकनीकी कारणों से बैंक ने सुनीता देवी का ऋण आवेदन निरस्त कर दिया। इसके बाद जब प्रीतम शर्मा ने भुगतान मांगा, तो आरोपियों ने उन्हें केवल 40 हजार रुपये का एक चेक दिया। शेष 1.55 लाख रुपये का भुगतान लंबे समय तक नहीं किया गया। शिकायत में आरोप है कि जब पीड़ित ने 1.55 लाख रुपये की बकाया राशि मांगी, तो आरोपियों ने उनके साथ अभद्रता और गाली-गलौज की। इतना ही नहीं, उन्हें भविष्य में पैसे मांगने पर झूठे मुकदमे में फंसाने की धमकी देकर कार्यालय से भगा दिया गया। कोतवाली प्रभारी निरीक्षक सत्येंद्र कुमार ने बताया कि प्रीतम शर्मा की शिकायत के आधार पर आरोपियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है। पुलिस मामले से संबंधित तकनीकी और वित्तीय साक्ष्यों की जांच कर रही है, जिसके आधार पर आगे की वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।
सतना में चांद दिखा, कल मनाई जाएगी ईद:मस्जिदों और ईदगाहों में नमाज की तैयारियां पूरी
शव्वाल का चांद नजर आने के साथ ही रमजान का पवित्र महीना समाप्त हो गया है। चांद दिखाई देने की पुष्टि के बाद घोषणा की गई कि ईद-उल-फितर का त्योहार कल (शनिवार) मनाया जाएगा। इस खबर के बाद मुस्लिम समाज में खुशी और उत्साह का माहौल देखा गया। ईद की नमाज के लिए मस्जिदों और ईदगाहों में सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। शुक्रवार शाम को सतना में रोजेदारों ने ईद का चांद देखा और अलविदा जुमा की नमाज अदा की। रमजान के पूरे महीने रोजा, इबादत और दुआओं में समय बिताने के बाद अब लोग ईद की तैयारियों में जुट गए हैं। बाजारों में देर रात तक खरीदारी जारी रही। लोगों से नमाज शांति और अनुशासन के साथ अदा करने तथा आपसी भाईचारा बनाए रखने की अपील की गई। समाजसेवी जिया बेग ने बताया कि ईद-उल-फितर खुशियों, आपसी प्रेम और सामाजिक सौहार्द का प्रतीक पर्व है, जो लोगों को मिल-जुलकर खुशियां बांटने और जरूरतमंदों की मदद करने का संदेश देता है। शुक्रवार को शहर की सभी मस्जिदों में रमजान के अलविदा जुमा की नमाज भी पढ़ी गई। इस दौरान मस्जिदों में नमाजियों की भारी भीड़ देखी गई। नमाज के बाद सभी ने एक-दूसरे को मुबारकबाद दी और अल्लाह से अपने गुनाहों की माफी मांगी।
उन्नाव में अज्ञात वाहन की टक्कर से युवक की मौत:बाइक सवार दूसरा युवक गंभीर घायल, जिला अस्पताल रेफर
उन्नाव के आसीवन थाना क्षेत्र में शुक्रवार रात एक अज्ञात वाहन ने बाइक को टक्कर मार दी। इस हादसे में बाइक सवार एक युवक की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि दूसरा गंभीर रूप से घायल हो गया। घायल युवक को जिला अस्पताल रेफर किया गया है। मृतक की पहचान खानपुर सुरौली निवासी मनी उर्फ छोटू (21) पुत्र विजयपाल के रूप में हुई है। वह अपने बड़े भाई के साले विजय (18) पुत्र जालिपा निवासी परेंदा, थाना माखी के साथ शुक्रवार रात करीब नौ बजे मुंशीगंज जा रहा था। यह हादसा खानपुर सुरौली से मुंशीगंज मार्ग पर स्थित गांव जखैला के पास हुआ। खबर से जुड़ी देखिए दो तस्वीरें… सूचना मिलते ही एंबुलेंस चालक रामसिंह और ईएमटी बिजनेश कुमार मौके पर पहुंचे। उन्होंने घायलों को मियागंज सीएचसी में भर्ती कराया। वहां डॉ. पंकज वर्मा ने मनी उर्फ छोटू को मृत घोषित कर दिया। विजय की गंभीर हालत को देखते हुए उसे जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया। हादसे की सूचना पर आसीवन थानाध्यक्ष प्रदीप कुमार सिंह और चौकी इंचार्ज रसूलाबाद जय प्रकाश यादव मौके पर पहुंचे। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। थानाध्यक्ष प्रदीप कुमार सिंह ने बताया कि तहरीर मिलने पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। मृतक मनी उर्फ छोटू के पिता विजयपाल की करीब सात माह पहले बीमारी के कारण मौत हो गई थी। मनी अपने दो भाई और एक बहन में सबसे छोटा था। उसके बड़े भाई मुकेश और बहन पूजा का विवाह हो चुका है। मनी की मौत से मां बृजरानी सहित पूरे परिवार का रो-रोकर बुरा हाल है।
बालाघाट जिले में शुक्रवार को सिंधी समाज ने इष्टदेव भगवान झूलेलाल का 1076वां जन्मोत्सव 'चेटीचंड' के रूप में अत्यंत हर्षोल्लास के साथ मनाया। पूज्य सिंधी पंचायत के तत्वावधान में आयोजित इस महोत्सव के दौरान देर शाम सिंधु भवन से विशाल शोभायात्रा निकाली गई, जिसमें बड़ी संख्या में समाजजन और नगरवासी शामिल हुए। सजीव झांकियां रहीं आकर्षण का केंद्र शोभायात्रा में भगवान झूलेलाल की मनमोहक प्रतिमा के साथ-साथ विभिन्न धार्मिक प्रसंगों पर आधारित सजीव झांकियां आकर्षण का मुख्य केंद्र रहीं। इनमें भगवान शंकर का शिवलिंग, राधा-कृष्ण की रासलीला और भोलेनाथ की लीलाओं के दृश्यों ने श्रद्धालुओं का मन मोह लिया। शोभायात्रा नगर के प्रमुख मार्गों से भ्रमण करती हुई रात को मोती तालाब पहुंची, जहां विशेष पूजन-अर्चन और भजन-कीर्तन के पश्चात बहराणा साहिब का विसर्जन किया गया। 17 मार्च से जारी थे कार्यक्रम सिंधी समाज के जिलाध्यक्ष अमर मंगलानी ने बताया कि जन्मोत्सव की तैयारियां 17 मार्च से ही शुरू हो गई थीं। उत्सव की कड़ी में गुरुवार सुबह सिंधु भवन से एक विशाल स्कूटर रैली निकाली गई थी, जिसने पूरे नगर का भ्रमण कर एकता का संदेश दिया। शुक्रवार सुबह सिंधी मोहल्ला और सिंधु भवन स्थित मंदिर में भगवान झूलेलाल का दूध से अभिषेक और विधिवत हवन-पूजन संपन्न हुआ, जिसके बाद दोपहर में विशाल भंडारे का आयोजन किया गया। दूध अभिषेक और विसर्जन के साथ पूर्णाहुति धार्मिक अनुष्ठानों के क्रम में सुबह से ही मंदिरों में श्रद्धालुओं का तांता लगा रहा। शाम को निकली शोभायात्रा के मार्ग में जगह-जगह पुष्पवर्षा कर स्वागत किया गया। अंत में मोती तालाब के तट पर ज्योत प्रज्वलित कर और आरती के साथ महोत्सव की गरिमापूर्ण पूर्णाहुति हुई। सेवादारों ने दिन भर चले आयोजनों में व्यवस्थाएं संभालीं और सभी आगंतुकों को प्रसादी वितरित की। देखें तस्वीरें…
राष्ट्रीय जनता दल (राजद) के बिहार विधान परिषद सदस्य सौरभ कुमार ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिखा है। उन्होंने पश्चिम चंपारण सहित पूरे बिहार में स्वास्थ्य सेवाओं की खराब स्थिति और रिक्त पदों पर गंभीर चिंता व्यक्त की है। सौरभ कुमार ने अपने पत्र में बिहार के स्वास्थ्य मंत्री मंगल पांडे को पश्चिम बंगाल के चुनाव प्रभारी के पद से मुक्त करने की मांग की है, ताकि वे राज्य की स्वास्थ्य व्यवस्था पर ध्यान केंद्रित कर सकें। स्वीकृत पदों की तुलना में आधे से भी कम स्वास्थ्यकर्मी सौरभ कुमार ने 18 मार्च को पत्र संख्या MLC/WC/801 के माध्यम से मुख्य चिकित्सा पदाधिकारी, पश्चिम चंपारण, बेतिया से जिले के अस्पतालों की स्थिति पर विस्तृत जानकारी मांगी थी। प्राप्त रिपोर्ट के अनुसार, जिले की स्वास्थ्य व्यवस्था चिंताजनक स्थिति में है। स्वीकृत पदों की तुलना में आधे से भी कम स्वास्थ्यकर्मियों के सहारे पूरे जिले की चिकित्सा व्यवस्था संचालित हो रही है। रिपोर्ट में बताया गया है कि कई अस्पतालों में आवश्यक जांच उपकरणों का अभाव है। जहां उपकरण उपलब्ध भी हैं, वहां उन्हें संचालित करने के लिए प्रशिक्षित चिकित्सकों और तकनीकी कर्मियों की कमी है। इस कारण मरीजों को उचित इलाज नहीं मिल पा रहा है और उन्हें निजी अस्पतालों का सहारा लेना पड़ रहा है। स्वास्थ्य व्यवस्था को सुधारने को उठाए जाएं ठोस कदम सौरभ कुमार ने आरोप लगाया कि इतनी गंभीर स्थिति के बावजूद राज्य के स्वास्थ्य मंत्री का ध्यान बिहार की स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करने के बजाय पश्चिम बंगाल के चुनावी कार्यों में अधिक केंद्रित है। उन्होंने इसे आम जनता के स्वास्थ्य के प्रति लापरवाही बताया। उन्होंने केंद्र और राज्य सरकार से मांग की है कि पश्चिम चंपारण सहित पूरे बिहार की स्वास्थ्य व्यवस्था को सुधारने के लिए तत्काल और ठोस कदम उठाए जाएं। इसका उद्देश्य आम नागरिकों को बेहतर, सुलभ और गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं सुनिश्चित करना है।
आगर मालवा जिले के नलखेड़ा में लाखों रुपए के गेहूं से भरा एक ट्रक रहस्यमयी तरीके से लापता हो गया है। इस घटना से नाराज होकर शुक्रवार रात अनाज मंडी के कई व्यापारियों ने पीड़ित व्यापारी के साथ थाने पहुंचकर पुलिस से शिकायत की और कार्रवाई की मांग की। नलखेड़ा के 'पुनित ट्रेडर्स' के मालिक पुनित कुमार कांठेड़ ने 16 मार्च 2026 को एकता ट्रांसपोर्ट कंपनी के एक ट्रक (RJ 52 GA 1630) में करीब 353 क्विंटल गेहूं लोड करवाया था। यह माल पंजाब के राजपुरा भेजा जाना था, जिसकी कुल कीमत 8 लाख 96 हजार 620 रुपए बताई जा रही है। 17 मार्च को ट्रक यहां से रवाना तो हुआ, लेकिन अपनी मंजिल तक नहीं पहुंचा। ट्रांसपोर्ट कंपनी पर मिलीभगत का शक जब गेहूं समय पर नहीं पहुंचा, तो खरीदार कंपनी ने व्यापारी को इसकी जानकारी दी। पीड़ित व्यापारी का आरोप है कि उन्होंने जब ट्रांसपोर्ट कंपनी के मालिक उस्मान और अनीस से संपर्क किया, तो उन्हें कोई सही जवाब नहीं मिला। व्यापारी को शक है कि इस धोखाधड़ी में ट्रांसपोर्ट कंपनी के मालिकों का हाथ हो सकता है। व्यापारियों ने घेरा थाना इस घटना की खबर मिलते ही मंडी के अन्य व्यापारी भी पुनित के समर्थन में उतर आए। सभी ने मिलकर नलखेड़ा थाने में आवेदन दिया और मांग की कि या तो आरोपियों के खिलाफ धोखाधड़ी का केस दर्ज किया जाए या फिर माल की पूरी कीमत दिलवाई जाए। पुलिस ने व्यापारियों की शिकायत ले ली है और मामले की जांच शुरू कर दी है।
नगर निकायों के कार्यों पर अब जनता की नजर रहेगी। विकास कार्यों की निगरानी के लिए व्हाट्सऐप नंबर जारी किया गया है। किसी भी प्रकार की गड़बड़ी की शिकायत दर्ज कराने के लिए व्हाट्सऐप नंबर 9264291339 पर लोग संपर्क कर सकते हैं। नगर विकास एवं आवास मंत्री विजय कुमार सिन्हा ने आज समीक्षात्मक बैठक की थी। इस बैठक का मुख्य उद्देश्य आगामी मानसून 2026 को ध्यान में रखते हुए शहरी क्षेत्रों के आसपास के इलाकों में जलजमाव की समस्या से निपटना है। 15 मई तक सभी तैयारियां पूर्ण करने के निर्देश विजय सिन्हा ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश देते हुए कहा कि मानसून के पहले सभी आवश्यक कार्य 15 मई तक हर हाल में पूर्ण कर लिए जाएं। उन्होंने विशेष रूप से जल निकासी व्यवस्था को दुरुस्त करने, नालों की सफाई, पंपिंग स्टेशनों की कार्यक्षमता सुनिश्चित करने तथा जलजमाव वाले चिन्हित क्षेत्रों में कार्रवाई करने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि किसी भी स्थिति में आम जनता को जलजमाव की समस्या का सामना नहीं करना पडे़, इसके लिए विभाग पूरी तत्परता के साथ कार्य करे। नगर निकायों में चल रहे निर्माण कार्यों की समीक्षा की गई इस बैठक में नगर निकायों में चल रहे विकासात्मक और निर्माण कार्यों की भी समीक्षा की गई। मंत्री ने कार्यों में गुणवत्ता एवं पारदर्शिता बनाए रखने के निर्देश दिए तथा किसी भी प्रकार की अनियमितता पर सख्त कार्रवाई करने की बात कही। उन्होंने अधिकारियों को यह भी निर्देश दिया कि सभी परियोजनाओं की नियमित मॉनिटरिंग की जाए और तय समय सीमा के भीतर कार्य पूर्ण किए जाएं। उन्होंने कहा कि आम जनता की सहभागिता से विकास कार्यों को और अधिक प्रभावी बनाया जाएगा।
मुरैना जिले में घरेलू विवाद ने दुखद मोड़ ले लिया। कैलारस क्षेत्र में एक युवक ने पत्नी और उसके भाइयों द्वारा सार्वजनिक रूप से पिटाई किए जाने के बाद कथित रूप से आत्महत्या कर ली। घटना का वीडियो भी सामने आया है, जिसने पूरे मामले को गंभीर बना दिया है। जानकारी के अनुसार, कैलारस के कुम्हानपुरा रोड स्थित गौतम बुद्ध नगर इलाके में रहने वाले 28 वर्षीय विनोद जाटव के साथ उसकी पत्नी चमेली जाटव और उसके दो भाइयों रिंकू जाटव व उपेंद्र उर्फ उप्पे जाटव ने गुरुवार दोपहर करीब 2 बजे घर के बाहर मारपीट की। इस दौरान किसी ने घटना का वीडियो भी बना लिया। घटना के बाद आहत था युवकबताया जा रहा है कि इस घटना के बाद विनोद जाटव गहरे सदमे में था और घर से बाहर नहीं निकला। अगले दिन शुक्रवार सुबह करीब 7 बजे उसने अपने घर के शौचालय में मफलर से फांसी लगाकर जान दे दी। जयपुर से लौटा था, चल रहा था पारिवारिक विवादमृतक जयपुर में मजदूरी करता था और दो दिन पहले ही घर लौटा था। पत्नी पर शक को लेकर दोनों के बीच अक्सर विवाद होता था। इसी बात को लेकर शुक्रवार को भी झगड़ा हुआ, जिसके बाद पत्नी ने अपने भाइयों को बुलाकर मारपीट कराई। पत्नी और एक भाई हिरासत में, एक फरारमामले में कार्रवाई करते हुए पुलिस ने पत्नी और एक भाई को हिरासत में लिया है, जबकि दूसरे आरोपी की तलाश जारी है। थाना प्रभारी सतेंद्र सिंह कुशवाहा के अनुसार, आरोपियों के खिलाफ आत्महत्या के लिए उकसाने का मामला दर्ज किया गया है और आगे की जांच जारी है।
इंदौर में सात साल बाद कांग्रेस की शहर कार्यकारिणी का गठन हो गया है। शहर कांग्रेस अध्यक्ष चिंटू चौकसे की अगुवाई में यह नई टीम घोषित की गई है, जिसमें कुल 52 पदाधिकारियों को जगह दी गई है। यह संख्या पिछली महा-जंबो कार्यकारिणी (2019 में भंग हुई, जिसमें 400+ पदाधिकारी थे) से काफी कम रखी गई है। बाकलीवाल के बाद एक दिन के लिए अरविंद बागड़ी और फिर सुरजीत सिंह चड्ढा शहर अध्यक्ष बने, लेकिन इंदौर शहर कार्यकारिणी का गठन नहीं हुआ। अब चिंटू चौकसे के अध्यक्ष बनने के बाद कमेटी का गठन हुआ है। कांग्रेस कार्यकारिणी में शहर के पूर्व विधायकों व अन्य बड़े नेताओं के समर्थकों को जगह दी गई है। इस बार इस संख्या को काफी सीमित रखा गया है। कार्यकारिणी में कुल 52 पदाधिकारी हैं। इसमें कोषाध्यक्ष शैलेष गर्ग बने हैं। वहीं 10 उपाध्यक्ष, 18 महामंत्री, 19 सचिव, दो प्रवक्ता (लोकेश हार्डिया व दीपू चौहान) और दो सोशल मीडिया प्रभारी (नागेश जाधव व हितेश वर्मा) बने हैं। इधर, भाजपा शहर अध्यक्ष सुमित मिश्रा ने इस कमेटी पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने कहा कि इंदौर, जो देवी अहिल्या के नाम से जानी जाती है, वहां कांग्रेस ने अपनी कार्यकारिणी में एक भी महिला को जगह नहीं दी। इससे कांग्रेस महिला-विरोधी साबित हुई है। मिश्रा ने आगे कहा, “लाड़ली बहना योजना का विरोध करते-करते कांग्रेस महिला-विरोधी बन गई है। प्रदेश की माताओं-बहनों को शराबी कहकर अपमानित करने वाली कांग्रेस को अपनी महिला इकाई भी भंग कर देनी चाहिए। मातृशक्ति का अपमान कांग्रेस की फितरत बन गई है।” यह है उपाध्यक्ष, महामंत्री और सचिव
अनूपपुर जिले में शुक्रवार को सिंधी समाज के आराध्य देव भगवान झूलेलाल की जयंती 'चेटीचंड महोत्सव' के रूप में अत्यंत हर्षोल्लास के साथ मनाई गई। जिला मुख्यालय सहित कोतमा, जैतहरी और राजेंद्रग्राम में धार्मिक अनुष्ठानों, भव्य शोभायात्राओं और सामूहिक लंगर के आयोजनों ने पूरे वातावरण को भक्तिमय कर दिया। पारंपरिक वेशभूषा में सजे समाजजनों ने बेड़ा-ई-पार के उद्घोष के साथ पर्व का आनंद लिया। कोतमा: सुखमनी साहिब के पाठ और पुष्पवर्षा के साथ स्वागत कोतमा में पूज्य सिंधी पंचायत, महिला मंडल और नवयुवक मंडल के संयुक्त तत्वावधान में भव्य आयोजन हुए। सुबह सुखमनी साहिब के पाठ के पश्चात 10:30 बजे आरती संपन्न हुई। इसके बाद निकली शोभायात्रा का नगर में जगह-जगह पुष्पवर्षा कर आत्मीय स्वागत किया गया। भक्ति गीतों पर थिरकते श्रद्धालुओं और आयो लाल झूलेलाल के नारों से पूरा शहर गुंजायमान रहा। जिला मुख्यालय: सिंधी धर्मशाला से निकली आकर्षक शोभायात्रा अनूपपुर नगर में उत्सव का केंद्र सिंधी धर्मशाला रही, जहां दोपहर 12 बजे विधिवत पूजन-अर्चन के साथ कार्यक्रमों का आगाज हुआ। दोपहर 2 बजे से विशाल लंगर का आयोजन किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में नगरवासियों ने प्रसाद ग्रहण किया। शाम 4 बजे गाजे-बाजे के साथ भगवान झूलेलाल की शोभायात्रा निकाली गई, जो नगर के मुख्य मार्गों का भ्रमण कर पुनः धर्मशाला परिसर में संपन्न हुई। इस दौरान बच्चों के लिए विशेष सांस्कृतिक कार्यक्रम भी आयोजित किए गए। सामूहिक भोज के हुई धार्मिक पूर्णाहुति कोतमा में दोपहर 2 बजे विशाल भंडारे के साथ धार्मिक अनुष्ठानों की पूर्णाहुति हुई। सेवादारों ने तत्परता के साथ सभी आगंतुकों को भोजन प्रसादी वितरित की। जैतहरी और राजेंद्रग्राम में भी सिंधी समाज के परिवारों ने एकजुट होकर इष्टदेव की पूजा-अर्चना की और शाम को दीपदान के साथ उत्सव का समापन किया।
सुपौल में सफाई कर्मियों की 5 दिन की हड़ताल खत्म:मुख्य पार्षदबोले- ईद से पहले बहाल हुई सफाई व्यवस्था
सुपौल नगर परिषद क्षेत्र में सपापफाई कर्मियों और पुलिस के बीच हुए विवाद के कारण पिछले पांच दिनों से ठप पड़ी सफाई व्यवस्था आखिरकार शुक्रवार को बहाल हो गई। नगर परिषद के चेयरमैन राघवेंद्र झा ने मीडिया को जानकारी देते हुए बताया कि कर्मियों से बातचीत के बाद हड़ताल समाप्त करा दी गई है और शहर में फिर से साफ-सफाई का कार्य शुरू हो गया है। शहर में गंदगी को देखते हुए लिया फैसला उन्होंने कहा कि शनिवार को ईद का पर्व है, ऐसे में शहर में गंदगी के कारण आम लोगों को काफी परेशानी हो रही थी। इसे देखते हुए नगर परिषद प्रशासन ने पहल करते हुए सफाई कर्मियों को मनाया और उन्हें काम पर लौटने के लिए राजी किया। इसके बाद सभी कर्मियों ने हड़ताल समाप्त करने का निर्णय लिया। सफाई कर्मी के साथ हुई मारपीट से नाराज थे दरअसल, 15 मार्च को वार्ड नंबर 22 में नाला निर्माण के दौरान एक सफाई कर्मी के साथ मारपीट की घटना हुई थी। इस मामले में सफाई कर्मियों ने सदर थाना और एससी-एसटी थाना में आवेदन दिया था, लेकिन समय पर कार्रवाई नहीं होने से उनका आक्रोश बढ़ गया। नाराज कर्मियों ने थाने के गेट पर कचरा रखकर विरोध प्रदर्शन किया, जिससे स्थिति और तनावपूर्ण हो गई। सफाई व्यवस्था धड़ाम, जगह-जगह कचरे के ढेर आरोप है कि उसी रात पुलिस ने नगर परिषद के हेड क्लर्क असजद आलम के घर छापेमारी कर सफाई मैनेजर देवाशीष मिश्रा समेत कई लोगों को हिरासत में लिया और उनके साथ मारपीट की गई। इस घटना से आक्रोशित सफाई कर्मियों ने उसी दिन से हड़ताल शुरू कर दी, जिससे पूरे शहर की सफाई व्यवस्था चरमरा गई और जगह-जगह कचरे के ढेर लग गए। हालांकि दो दिन पहले जिला प्रशासन के आश्वासन के बाद हड़ताल समाप्त करने की बात कही गई थी, लेकिन काम शुरू नहीं हुआ था। अंततः शुक्रवार को चेयरमैन, कार्यपालक पदाधिकारी और वार्ड पार्षदों के संयुक्त प्रयास से मामला सुलझा और सफाई कार्य पुनः शुरू है।
लखनऊ में विधानसभा के पास हंगामा-36 के खिलाफ केस:VIP जोन में घुसकर किया प्रदर्शन, ट्रैफिक ठप हुआ था
लखनऊ में विधानसभा और लोक भवन के हाई-सिक्योरिटी वीवीआईपी क्षेत्र में जबरन घुसकर प्रदर्शन करना युवकों को भारी पड़ गया। पुलिस ने इस मामले में अंकित यादव समेत 16 नामजद और 20-25 अज्ञात लोगों के खिलाफ हजरतगंज कोतवाली में मुकदमा दर्ज किया है। पुलिस के मुताबिक, गुरुवार सुबह करीब 11:30 बजे एक राजनीतिक दल से जुड़े कार्यकर्ता बापू भवन चौराहे से बैनर-पोस्टर लेकर नारेबाजी करते हुए विधानसभा की ओर बढ़े। प्रदर्शनकारियों का नेतृत्व अंकित यादव कर रहे थे। उनके साथ आशुतोष यादव, आकाश यादव, कोमल रावत, शिवांश सिंह, श्याम कृष्ण यादव, सत्यम कुमार, प्रीति यादव, रिंकी यादव, उमेश यादव, जीतू यादव, रवि प्रकाश, प्रमोद यादव, सोनू यादव, अजीत सिंह यादव, अखिलेश और शिवा यादव सहित कई लोग मौजूद थे। गेट नंबर 1, 2 और 3 पर बैठकर किया प्रदर्शन प्रदर्शनकारी विधानसभा गेट नंबर 1, 2, 3 और लोक भवन की ओर बढ़ते हुए प्रतिबंधित अर्धचंद्राकार द्वार के सामने सड़क पर बैठ गए। इस दौरान उन्होंने शासन-प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और सड़क जाम कर दी। समझाने पर भी नहीं माने, बढ़ी परेशानी पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को हटाने की कोशिश की, लेकिन वे नहीं माने। इसके चलते इलाके में यातायात बाधित हो गया। स्कूली बच्चों, महिलाओं और आम राहगीरों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ा और मौके पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया। अतिरिक्त फोर्स बुलाकर संभाली स्थिति हालात बिगड़ते देख पुलिस ने अतिरिक्त बल बुलाया, जिसके बाद स्थिति को काबू में किया जा सका। इस मामले में चौकी इंचार्ज दारुलशफा एसआई शशिकांत सिंह की तहरीर पर केस दर्ज कर आगे की कार्रवाई की जा रही है।
मोहाली जिले में चंडीगढ़-अंबाला हाईवे पर स्थित माया गार्डन मैग्नीशिया एक बार फिर विवादों में है। बता दे कि नगर परिषद द्वारा सील की गई एक लिफ्ट का पर लगातार इस्तेमाल किया जा रहा है, जिससे प्रशासनिक कार्रवाई की प्रभावशीलता पर सवाल उठ रहे हैं। जानकारी के अनुसार, नगर परिषद जीरकपुर ने परिसर में एक लिफ्ट को अवैध घोषित करते हुए पहले नोटिस जारी किया था और बाद में उसे सील कर दिया था। यह लिफ्ट रोमियो लेन रेस्टोरेंट तक पहुंचने का मुख्य साधन बताई जा रही है। अवैध संचालन को लेकर कई शिकायतें बता दे कि इस लिफ्ट के अवैध संचालन को लेकर पहले भी कई शिकायतें सामने आ चुकी थीं। नगर परिषद ने बार-बार नोटिस जारी किए थे, लेकिन नियमों की अनदेखी जारी रही, जिसके बाद प्रशासन को सख्ती दिखाते हुए लिफ्ट को सील करना पड़ा। चस्पा किए गए नोटिस को फाड़ दिया हालांकि, आरोप है कि सील किए जाने के बावजूद लिफ्ट का इस्तेमाल जारी है। बताया जा रहा है कि कई बार सुबह चस्पा किया गया नोटिस शाम तक फाड़ दिया जाता है और लिफ्ट को दोबारा चालू कर दिया जाता है। इस स्थिति ने प्रशासनिक आदेशों की गंभीरता और नगर परिषद की कार्यप्रणाली पर प्रश्नचिह्न लगा दिया है। प्रशासनिक सख्ती की कमी को दर्शाता यदि सील और नोटिस के बावजूद अवैध गतिविधियां जारी रहती हैं, तो यह प्रशासनिक सख्ती की कमी को दर्शाता है। एक उदाहरण के तौर पर, 23 जनवरी 2026 को नगर परिषद द्वारा सुबह नोटिस चस्पा किया गया था, लेकिन शाम तक उसे फाड़ दिया गया। यह घटना कागजों में सख्ती और जमीन पर ढील के माहौल को उजागर करती है। जल्द कार्रवाई का दिया भरोसा इस संबंध में, नगर परिषद के कार्यकारी अधिकारी परविंदर सिंह भट्टी ने कहा, मामले की जांच अभी जारी है। टीम भेजकर मौके की स्थिति की जांच करवाई जाएगी और नियमानुसार कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
नीमच के कैंट थाना क्षेत्र में शुक्रवार को महू-नसीराबाद हाईवे पर घसुंडी रोड स्थित प्रताप होटल के सामने एक तेज रफ्तार ट्रैक्टर अनियंत्रित होकर सड़क किनारे खाई में पलट गया, जिससे ड्राइवर की मौके पर ही मौत हो गई। मृतक की पहचान सुआखेड़ा निवासी 40 वर्षीय मुकेश (पिता वर्दी चंद गायरी) के रूप में हुई है। मुकेश ट्रैक्टर-ट्रॉली में गिट्टी की बारीक चूरी भरकर सकराना से घसुंडी की ओर जा रहा था। चश्मदीदों के मुताबिक, ट्रैक्टर की रफ्तार बहुत तेज थी। जैसे ही वह घसुंडी रोड की तरफ मुड़ा, मुकेश का संतुलन बिगड़ गया और ट्रैक्टर सीधे गहरी खाई में जा गिरा। ट्रैक्टर के नीचे दबने से गई जान हादसा इतना भीषण था कि मुकेश ट्रैक्टर के नीचे ही दब गया और उसकी वहीं दम टूट गया। घटना की खबर मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और जेसीबी की मदद से पलटे हुए ट्रैक्टर को सीधा करवाकर मुकेश के शव को बाहर निकाला। पुलिस की कार्रवाई पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए जिला अस्पताल भिजवाया। शुरुआती जांच में हादसे की वजह तेज रफ्तार और लापरवाही से गाड़ी चलाना सामने आई है। पुलिस ने मर्ग कायम कर लिया है और शुक्रवार शाम को कागजी कार्रवाई के बाद शव परिवार वालों को सौंप दिया गया।
मोहाली जिले के ज़ीरकपुर में ट्रैफिक नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की गई। ट्रैफिक पुलिस ने छत लाइट प्वाइंट पर विशेष नाकेबंदी कर सघन चेकिंग अभियान चलाया, जिसमें 15 चालान काटे गए। यह अभियान शाम से शुरू हुआ, जिसमें दोपहिया और चारपहिया वाहनों की गहन जांच की गई। बिना हेलमेट वाहन चलाने, आवश्यक दस्तावेज न होने और अन्य ट्रैफिक नियमों का उल्लंघन करने वाले ड्राइवरों पर मौके पर ही जुर्माना लगाया गया। रात दो बजे तक चली कार्रवाई ट्रैफिक इंचार्ज हराश ने बताया कि यह एक रूटीन चेकिंग अभियान है। इसका मुख्य उद्देश्य सड़क सुरक्षा को मजबूत करना और वाहन ड्राइवरों को ट्रैफिक नियमों के प्रति जागरूक करना है। उन्होंने यह भी बताया कि यह अभियान देर रात करीब 2 बजे तक जारी रहेगा। पुलिस की जनता से अपील पुलिस ने आम जनता से अपील की है कि वे ट्रैफिक नियमों का पालन करें, अपने वाहन के सभी आवश्यक दस्तावेज साथ रखें और सुरक्षित ड्राइविंग को प्राथमिकता दें। इससे सड़क हादसों को रोकने में मदद मिलेगी।
बरेली के क्लब ग्राउंड में शुक्रवार रात को सनातन नव वर्ष मेले का आगाज हो गया। कैबिनेट मंत्री नंद गोपाल नंदी ने दीप प्रज्वलित कर मेले का उद्घाटन किया। सिंगर अभिलिप्सा पांडा कार्यक्रम में शामिल हुई। उन्होंने एक से बढ़कर एक भजन सुनाया। उन्होंने सबसे पहले बम बम भोले भजन गया। फैंस उनके भजन पर झूमने लगे। पंडाल जयकारे से गूंज उठा। माहौल भक्तिमय हो गया। महिलाओं ने डांडिया पर नृत्य किया। इस दौरान मंत्री नंद गोपाल नंदी कार्यक्रम में मौजूद रहे। पहले तीन तस्वीरें देखिए नंदी बोले -सनातन संस्कृति का पुनरुत्थान हो रहा मंत्री नंद गोपाल नंदी ने प्रदेशवासियों को सनातन नव वर्ष की शुभकामनाएं देते हुए आयोजन की सराहना की। उन्होंने वाराणसी में गंगा की धारा के बीच हुई इफ्तार पार्टी को लेकर विपक्षी दलों, विशेषकर समाजवादी पार्टी पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि अयोध्या में प्रभु श्रीराम के मंदिर निर्माण और देश में दिख रहे 'रामराज' से विपक्ष पूरी तरह विचलित हो गया है। अखिलेश यादव पर तंज कसते हुए उन्होंने 'विनाश काले विपरीत बुद्धि' का मुहावरा भी इस्तेमाल किया। मंत्री नंदी ने मस्जिद में हुई एक पुरानी बैठक का जिक्र करते हुए कहा कि जब विपक्ष ने उनकी पत्नी के पहनावे पर सवाल उठाए थे, तभी साफ हो गया था कि उनके पास अब कोई ठोस मुद्दा नहीं बचा है। उन्होंने दावा किया कि आज देश भर के मंदिरों में उमड़ती भक्तों की भीड़ इस बात का प्रमाण है कि सनातन संस्कृति का पुनरुत्थान हो रहा है। बता दे कि सनातन संस्कृति चेतना ट्रस्ट द्वारा आयोजित यह मेला 20, 21 और 22 मार्च तक चलेगा, जिसमें स्थानीय कला और संस्कृति के विभिन्न रंग देखने को मिलेंगे।
वीरपुर में त्योहारों से पहले पुलिस का फ्लैग मार्च:ईद, रामनवमी व चैती दुर्गा पूजा पर शांति का संदेश
आगामी ईद, रामनवमी और चैती दुर्गा पूजा के मद्देनजर वीरपुर थाना क्षेत्र में शुक्रवार को पुलिस-प्रशासन ने संयुक्त रूप से फ्लैग मार्च निकाला। इसका मुख्य उद्देश्य क्षेत्र में शांति व्यवस्था बनाए रखना और आमजन में सुरक्षा की भावना को मजबूत करना था। फ्लैग मार्च का नेतृत्व थाना अध्यक्ष रविंद्र कुमार ने किया। पुलिस टीम ने वीरपुर बाजार के साथ-साथ मुजफ्फरा, भवानंदपुर और सिकरहुला जैसे गांवों में पैदल मार्च कर स्थिति का जायजा लिया। इस दौरान अधिकारियों ने आम लोगों से संवाद स्थापित किया और उनसे त्योहारों को शांतिपूर्ण माहौल में मनाने की अपील की। उन्होंने लोगों को किसी भी तरह की अफवाहों से दूर रहने और सोशल मीडिया पर फैल रही भ्रामक खबरों पर विश्वास न करने की सलाह दी। पुलिस ने संदिग्ध व्यक्तियों या गतिविधियों की जानकारी तत्काल पुलिस को देने का आग्रह किया, ताकि समय रहते उचित कार्रवाई की जा सके। अधिकारियों ने यह भी स्पष्ट किया कि त्योहारों के दौरान सुरक्षा व्यवस्था को लेकर प्रशासन पूरी तरह सतर्क है। क्षेत्र में गश्त बढ़ा दी गई है और असामाजिक तत्वों पर कड़ी नजर रखी जा रही है। इस फ्लैग मार्च में एसआई ऋषिकेश भारद्वाज, अजय कुमार सहित अन्य पुलिस पदाधिकारी और बड़ी संख्या में महिला एवं पुरुष पुलिस बल के जवान शामिल थे।
मुजफ्फरपुर में मानसून की सक्रियता के बीच अचानक ठनका गिर गया। बंदरा प्रखंड के हत्था थाना क्षेत्र की तेपरी पंचायत के वार्ड संख्या छह में भीषण वज्रपात (ठनका) गिरा। इस कारण एक पेड़ में आग लग गई। जिसका वीडियो भी सामने आया है। हालांकि, इस घटना में कोई जनहानि नहीं हुई, लेकिन एक ताड़ का पेड़ जलकर राख हो गया। क्षेत्र में अचानक मौसम बदला और काले बादलों के साथ तेज बारिश शुरू हो गई। इसी दौरान वार्ड संख्या छह में स्थित एक ऊंचे ताड़ के पेड़ पर जोरदार आवाज के साथ आकाशीय बिजली गिरी। ठनका गिरने की आवाज इतनी भयानक थी कि आसपास के घरों में मौजूद लोग बुरी तरह सहम गए। प्रत्यक्षदर्शी अमरेश कुमार ने बताया कि धमाका इतना जबरदस्त था कि लगा जैसे कोई बड़ा विस्फोट हुआ हो। पेड़ के नीचे या उसके आसपास कोई भी नहीं था राहत की बात यह रही कि जिस समय यह घटना घटी, उस समय पेड़ के नीचे या उसके आसपास कोई भी व्यक्ति मौजूद नहीं था। आमतौर पर बारिश के दौरान लोग पेड़ों का सहारा लेते हैं, लेकिन यहां कोई नहीं होने के कारण एक बड़ी अनहोनी टल गई। वज्रपात की चपेट में आते ही ताड़ का विशाल पेड़ धू-धू कर जलने लगा। पेड़ के ऊपरी हिस्से से गिरती आग की चिंगारियों और जलते पत्तों ने पास स्थित घरों के लिए खतरा पैदा कर दिया। आसपास के ग्रामीण इस डर से भयभीत हो गए कि कहीं यह आग उनके घरों को अपनी चपेट में न ले ले। लोग काफी देर तक दहशत के साए में रहे। हालांकि, करीब आधे घंटे तक हुई मूसलाधार बारिश ने पेड़ में लगी आग को खुद-ब-खुद बुझा दिया। आग पूरी तरह शांत होने के बाद ही स्थानीय निवासियों ने राहत की सांस ली। इलाके में इस घटना की चर्चा जोरों पर है।
मोहाली जिले में लालड़ू पुलिस ने नशा तस्करी के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए एक युवक को 414 ग्राम अफीम के साथ गिरफ्तार किया है। आरोपी की पहचान राजस्थान निवासी सालकिशन उर्फ भोलू के रूप में हुई है। यह गिरफ्तारी अंबाला-चंडीगढ़ हाईवे पर झरमल नदी के पुल के पास हुई। पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, टीम गश्त के दौरान संदिग्ध व्यक्तियों की जांच कर रही थी। इसी दौरान, जब पुलिस झरमल नदी के पुल के पास पहुंची, तो एक युवक पीठ पर बैग लटकाए हुए दिखा। पुलिस को देखकर वह घबरा गया और तेजी से चलने लगा, जिससे पुलिस को उस पर शक हुआ। एनडीपीएस एक्ट के तहत केस दर्ज शक के आधार पर पुलिस ने युवक को रोका और उसके बैग की तलाशी ली। तलाशी के दौरान, बैग से 414 ग्राम अफीम बरामद हुई। इसके बाद, पुलिस ने आरोपी सालकिशन उर्फ भोलू के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज कर उसे तुरंत गिरफ्तार कर लिया।पुलिस ने बताया कि मामले में आगे की जांच जारी है। आरोपी से पूछताछ की जा रही है ताकि नशा तस्करी के पूरे नेटवर्क और इसमें शामिल अन्य लोगों के बारे में जानकारी जुटाई जा सके।
मोहाली जिले के जीरकपुर में पुरानी रंजिश के चलते हुए झगड़े में एक युवक की इलाज के दौरान मौत हो गई। मृतक के परिजनों की शिकायत पर पुलिस ने चार नामजद सहित करीब 12 लोगों के खिलाफ हत्या और धमकी देने के आरोप में मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। मृतक की पहचान पीरमुछल्ला के शिव नगर निवासी सुमित कुमार के रूप में हुई है, जो मूल रूप से उत्तर प्रदेश के उन्नाव जिले का रहने वाला था। पुलिस के अनुसार, मामले में हिमांशु, दीपांशु, आशू और अभिमन्यु समेत अन्य अज्ञात आरोपियों को नामजद किया गया है। आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस लगातार छापेमारी कर रही है। लोहे की रॉड से हमला किया शिकायतकर्ता आनंद ने बताया कि 17 मार्च की देर रात उनके चाचा सुमित कुमार पिंक सिटी के पास एक मीट की दुकान से चिकन लेने गए थे। रात करीब साढ़े 12 बजे आरोपियों ने उन्हें घेर लिया। आरोप है कि हिमांशु, दीपांशु और आशू ने सुमित पर लोहे की रॉड से हमला किया, जबकि उनके अन्य साथियों ने डंडों से बुरी तरह पिटाई की। इलाज के दौरान मौत सुमित के चिल्लाने की आवाज सुनकर लोग इकट्ठा होने लगे, जिसके बाद आरोपी जान से मारने की धमकियां देते हुए मौके से फरार हो गए। घायल सुमित को पहले ढकोली के अस्पताल ले जाया गया। बाद में उन्हें सेक्टर-32 चंडीगढ़ और फिर पीजीआई में भर्ती कराया गया, जहां इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। होली के दिन हुआ था विवाद पुलिस जांच में सामने आया है कि होली के दिन सुमित और आरोपियों के बीच कहासुनी हुई थी। उस समय दोनों पक्षों में समझौता हो गया था, लेकिन आरोपियों ने इसी रंजिश के चलते 17 मार्च की रात सुनियोजित तरीके से हमला किया। फिलहाल, पुलिस ने हत्या की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है और आरोपियों की तलाश जारी है।
राजधानी जयपुर के सांगानेर में रंगाई-छपाई की 848 फैक्ट्रियों के मालिकों को राजस्थान हाईकोर्ट से बड़ी राहत मिली है। हाईकोर्ट ने जयपुर कॉमर्शियल कोर्ट के 14 फरवरी 2025 के उस फैसले को रद्द कर दिया है, जिसमें इन 848 टेक्सटाइल फैक्ट्रियों को सीज कर उनकी कुर्की के आदेश दिए गए थे। हालांकि, हाईकोर्ट ने पहले ही इस आदेश पर अंतरिम रोक लगा दी थी। अब विस्तृत सुनवाई के बाद कोर्ट ने इस फैसले को पूरी तरह से रद्द कर दिया है और मामले को नए सिरे से सुनवाई के लिए वापस कॉमर्शियल कोर्ट को भेज दिया है। हाईकोर्ट ने स्पष्ट किया कि निष्पादन (एग्जिक्यूशन) कार्यवाही के दौरान अदालत अपनी सीमाओं से बाहर जाकर नए दायित्व तय नहीं कर सकती। कोर्ट ने कॉमर्शियल कोर्ट को निर्देश दिए हैं कि वह सभी पक्षकारों को सुनवाई का अवसर दे और निष्पादन तक सीमित रहते हुए फिर से फैसला करे। मामले के अनुसार, कॉमन एफ्लुएंट ट्रीटमेंट प्लांट (सीईटीपी) बनाने वाली कंपनी को बकाया भुगतान करने के लिए कॉमर्शियल कोर्ट ने इन फैक्ट्रियों को कुर्क करने का आदेश दिया था। सुनवाई के दौरान सरकार की ओर से कहा गया कि कॉमर्शियल कोर्ट राज्य सरकार और प्राइवेट व्यक्तियों से वसूली के निर्देश नहीं दे सकती है। सीईटीपी प्लांट बनाने का एग्रीमेंट निर्माता कंपनी एडवेंट एंवायरकेयर टेक्नोलॉजी और मैसर्स सांगानेर एनवायरो प्रोजेक्ट डवलपमेंट (जिसमें सरकार और सांगानेर एसोसिएशन के सदस्य शामिल हैं) के बीच हुआ था। ऐसे में, भुगतान नहीं होने पर कुर्की का आदेश केवल डवलपमेंट कंपनी के खिलाफ ही दिया जा सकता है, न कि उसके सदस्यों के खिलाफ व्यक्तिगत रूप से। करीब 145 करोड़ की लागत से बनना था प्लांटसांगानेर की रंगाई-छपाई एसोसिएशन के सदस्य घनश्याम कूलवाल ने बताया कि फैक्ट्रियों से निकलने वाले अपशिष्ट रसायनिक पानी को ट्रीट करने के लिए यह सीईटीपी प्लांट बनना था। इसके लिए मैसर्स सांगानेर एनवायरो प्रोजेक्ट डवलपमेंट कंपनी गठित हुई। कंपनी में केन्द्र 50 प्रतिशत, राज्य और एसोसिएशन 25 प्रतिशत के हिस्सेदार बने। साल 2016 में करीब 145 करोड़ का टैंडर निर्माता कंपनी को मिल गया। कंपनी ने इसका काम भी शुरू कर दिया। इसी बीच देश में जीएसटी लागू हो गई। कंपनी ने प्लांट की लागत बढ़ाकर 159 करोड़ तय कर दी। कंपनी ने इसका काम शुरू कर दिया। हमने कंपनी को करीब 129 करोड़ का भुगतान भी कर दिया। लेकिन बीच में विवाद होने पर कंपनी ने काम बंद कर दिया और बकाया का भुगतान के लिए अहमदाबाद में वाद पेश कर दिया। आज भी उस बकाया काम को राज्य सरकार अपने स्तर पर पूरा करा रही हैं।
सहारनपुर में युवक-युवती ने खाया जहर:मुजफ्फरनगर के रहने वाले थे दोनों, दो दिन से लापता थे
सहारनपुर में दिल्ली-यमुनोत्री हाईवे पर स्थित एक होटल में युवक और नाबालिग लड़की की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत के मामले में लगातार नए खुलासे हो रहे हैं। प्रारंभिक जांच से संकेत मिल रहा है कि दोनों ने बाजार से जहरीला पदार्थ खरीदा और होटल लौटकर उसका सेवन कर लिया, जिससे उनकी जान चली गई। पुलिस पूरे घटनाक्रम की कड़ियों को जोड़ने में जुटी है। जानकारी के मुताबिक, मुजफ्फरनगर जिले के बुढ़ाना थाना क्षेत्र के एक गांव का रहने वाला युवक गुरुवार शाम एक किशोरी को साथ लेकर होटल पहुंचा था। दोनों ने कमरा लिया और रात वहीं गुजारी। शुक्रवार सुबह वे रामपुर मनिहारान के बाजार गए, जहां से कुछ सामान खरीदा और फिर वापस होटल लौट आए। होटल में कमरा लेते समय युवक ने अपना पहचान पत्र जमा कराया, जबकि किशोरी ने अपनी पहचान छिपाने के लिए अपनी बहन का आधार कार्ड इस्तेमाल किया। बाजार से लौटने के कुछ देर बाद ही लड़की की तबीयत अचानक बिगड़ने लगी और उसे उल्टियां होने लगीं। शोर सुनकर होटल स्टाफ मौके पर पहुंचा और दरवाजा खुलवाया, जहां दोनों बेड पर बेहोशी की हालत में मिले। होटल कर्मचारियों ने तुरंत परिजनों को सूचना दी। परिजन मौके पर पहुंचे और दोनों को अस्पताल लेकर गए, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। शुरुआती जांच में यह आशंका जताई जा रही है कि जहर का सेवन बाजार से लौटने के बाद ही किया गया। मामले का एक और पहलू सामने आया है, जिसमें बताया जा रहा है कि युवक लगातार अपने रिश्तेदार के संपर्क में था। उसने वीडियो कॉल के दौरान जहरीले पदार्थ का पाउच दिखाते हुए आत्महत्या करने की बात कही थी। रिश्तेदार ने उसे समझाने की कोशिश की, लेकिन उसने किसी की सलाह नहीं मानी। कॉल समाप्त होने के तुरंत बाद दोनों ने जहरीला पदार्थ निगल लिया। सूचना मिलने पर परिजन होटल पहुंचे, जहां दोनों की हालत बेहद गंभीर थी। मुंह से झाग निकल रहा था और स्थिति चिंताजनक बनी हुई थी। परिजन दोनों को पहले रामपुर मनिहारान सीएचसी ले गए, जहां प्राथमिक उपचार के बाद हालत बिगड़ती देख उन्हें हायर सेंटर रेफर किया गया। इसके बाद शामली के कैराना रोड स्थित एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। बताया गया है कि दोनों पिछले दो दिनों से घर से लापता थे। किशोरी के पिता ने युवक के खिलाफ बहला-फुसलाकर ले जाने का मामला दर्ज कराया था। युवक का स्थानीय स्तर पर भवन निर्माण सामग्री का कारोबार भी बताया जा रहा है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि पूरे प्रकरण की गंभीरता से जांच की जा रही है। होटल स्टाफ से पूछताछ की जा रही है और घटनास्थल से जुड़े सभी पहलुओं की जांच की जा रही है। यह पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है कि जहरीला पदार्थ कहां से खरीदा गया और आत्महत्या के पीछे की असल वजह क्या थी।
ग्वालियर हाईकोर्ट परिसर और जिला कोर्ट परिसर में बम डिस्पोजल स्क्वॉड ने सर्चिंग कर बम की तलाश की। जब बम डिस्पोजल टीम तलाशी कर रही थी, तो यह खबर भी फैल गई थी कि हाईकोर्ट को बम से उड़ाने की धमकी दी गई है, लेकिन ऐसा कुछ नहीं मिला। वहीं, इस सर्चिंग पर ग्वालियर पुलिस का कहना है कि यह रूटीन चेकिंग के तहत मॉक ड्रिल थी। कहीं से भी कोई धमकी नहीं मिली है। हर माह एक से दो इस तरह की मॉक ड्रिल होती रहती हैं। इस मॉक ड्रिल के चलते बम डिस्पोजल स्क्वॉड ने कड़ी चेकिंग कर कोर्ट परिसर का कोना-कोना छान लिया। ग्वालियर हाईकोर्ट में शुक्रवार दोपहर अचानक पुलिस की बढ़ती उपस्थिति और बम डिस्पोजल स्क्वॉड (बीडीएस) की टीम को देखकर अफवाह उड़ गई कि हाईकोर्ट में बम होने की सूचना है। लेकिन वहां मौजूद बीडीएस टीम ने लोगों को बताया कि यह एक मॉक ड्रिल का हिस्सा है। उन्हें इस तरह से कार्रवाई करनी है, जैसे किसी आपातकालीन स्थिति में की जाती है। बीडीएस दल ने हाईकोर्ट परिसर के बाद जिला एवं सत्र न्यायालय परिसर में भी पहुंचकर छानबीन की। इस दौरान वहां कड़ी सुरक्षा व्यवस्था रही। कोर्ट परिसर में मॉक ड्रिल के तहत बम डिटेक्ट कर रही टीम पूरी तरह एंटी बम डिस्पोजल स्क्वॉड से लैस थी। आसपास पुलिस भी मौजूद रही। इस दौरान किसी भी बाहरी व्यक्ति को अंदर नहीं जाने दिया गया। ग्वालियर एसएसपी धर्मवीर सिंह से जब पूछा गया तो उनका कहना था कि धमकी मिली है, ऐसा कुछ भी इनपुट नहीं है। यह नियमित मॉकड्रिल का एक पार्ट है। हर माह इस तरह की मॉकड्रिल कोर्ट परिसर में की जाती है।
मशहूर कॉमेडियन कृष्णा अभिषेक का कहना है कि उनके लिए हर कैरेक्टर अपने आप में एक नया चैलेंज होता है। खासकर क्रॉस-जेंडर एक्टिंग के दौरान कई बार चीजें उम्मीद के मुताबिक नहीं चलतीं, लेकिन वे उन गलतियों से सीखते हैं और हंसी-मजाक के जरिए उन्हें सुधारते रहते हैं। लोगों का प्यार जिंदगी को बेहतर बनाता है। कृष्णा ने यह भी कहा कि मिमिक्री करना उन्हें हमेशा से पसंद रहा है। धर्मेंद्र पाजी की मिमिक्री उनकी सबसे फेवरेट है, जिसे वे बड़े मजे से निभाते हैं। कृष्णा अभिषेक चेट्रीचंड्र महोत्सव में शामिल होने रायपुर पहुंचे थे। इस दौरान उन्होंने दैनिक भास्कर डिजिटल से खास बातचीत की। पढ़िए उनकी जिंदगी और करियर से जुड़े कुछ दिलचस्प किस्से… सवाल- स्क्रीन पर आप लोगों को हंसाते हैं, इसका आपकी जिंदगी में क्या बेनिफिट होता है? जवाब- इसका मेरी निजी जिंदगी पर असर काफी सकारात्मक रहा है। सबसे बड़ी बात ये है कि लोगों से बहुत प्यार मिलता है। खासकर महिलाएं क्योंकि घर में ज्यादातर रिमोट उनके हाथ में होता है वो हमारे काम को ज्यादा देखती हैं और सराहती हैं। जब भी उनसे मुलाकात होती है, वो बहुत प्यार और दुआएं देती हैं। आज की स्ट्रेसफुल लाइफ में अगर हमारा काम किसी का मूड हल्का कर पाता है, तो इससे बड़ी खुशी और क्या हो सकती है। लोगों का यही प्यार, आशीर्वाद और पॉजिटिविटी हमारी जिंदगी को और बेहतर बनाता है। सवाल- क्रॉस जेंडर एक्टिंग में गेटअप चेंज करने के लिए कितना वक्त मिलता है, कैसे टाइम मैनेज होता है? जवाब- देखिए, कोई भी परफॉर्मेंस के पीछे एक पूरा प्रोसेस होता है। हमें अच्छा-खासा समय दिया जाता है, टीम हमारे साथ मिलकर पूरी तैयारी करवाती है, रिहर्सल करवाई जाती है और फिर हम सब साथ बैठकर प्लान करते हैं कि सीन को कैसे बेहतर तरीके से किया जाए। इसलिए ऑन-स्क्रीन जो चीजें आसान लगती हैं, उसके पीछे काफी मेहनत और टीमवर्क होता है। सवाल- कौन सा किरदार आपके लिए सबसे चुनौतीपूर्ण रहा है? आपको सबसे फेवरेट कौन सा लगता है? जवाब- जहां तक अलग-अलग किरदार निभाने की बात है, तो मेरे हिसाब से हर रोल अपने आप में चैलेंजिंग होता है। क्योंकि जब भी आप स्टेज या कैमरे के सामने जाते हैं, तो मन में एक हल्की-सी घबराहट जरूर रहती है कि सब कुछ ठीक से होगा या नहीं। वही घबराहट आपको और बेहतर करने के लिए मोटिवेट भी करती है। लेकिन अगर अपने सबसे पसंदीदा किरदार की बात करूं, तो धरम जी का रोल मेरे दिल के बहुत करीब रहा है। उनसे मेरा एक पर्सनल कनेक्शन भी था। वो बेहद सरल और अच्छे इंसान थे, और मुझसे खास स्नेह रखते थे। जब उनके निधन की खबर मिली, तो मैं उस वक्त भारत में नहीं था, अमेरिका में था, बहुत ज्यादा दुख हुआ। जब भी मैं धरम जी का किरदार निभाता था, तो उसमें एक अलग ही इमोशन जुड़ जाता था। सवाल- क्रॉस जेंडर एक्टिंग के दौरान कई चीजे फेल हो जाती है, ऑन कैमरा कैसे मैनेज करते हैं? जवाब- हां ये सही है कि एक्टिंग के दौरान हमारी कई बार चीजें फेल हो जाती हैं। लेकिन खास बात ये है कि हम उन्हें संभालना जानते हैं। स्टेज पर या शूट के दौरान अगर कुछ गड़बड़ हो भी जाए, तो हम सब मिलकर उसे तुरंत मैनेज कर लेते हैं। हमारी टीम बहुत मजबूत है। कपिल भाई, सुनील, किकू और बाकी सभी कलाकार हम सबके बीच इतनी अच्छी अंडरस्टैंडिंग है कि कोई भी सीन खराब नहीं होने देते। अगर कोई गलती हो भी जाए, तो उसे हम हंसी-मजाक में ही कवर कर लेते हैं, और कई बार वही चीज दर्शकों को और ज्यादा एंटरटेन कर जाती है। सवाल- लंबी स्क्रिप्ट याद कैसे रखते हैं? कई बार डायलॉग भूलने पर क्या करते हैं। जवाब- जहां तक स्क्रिप्ट की बात है, तो कॉमेडी में लंबी-लंबी स्क्रिप्ट्स होती हैं, जिन्हें याद रखना आसान नहीं होता। लेकिन हम लोग बहुत मेहनत करते हैं, खूब रिहर्सल करते हैं, इसलिए चीजें अच्छे से सेट हो जाती हैं। और सबसे जरूरी बात ये है कि हम सब खुद भी इस प्रोसेस को बहुत एंजॉय करते हैं। यही वजह है कि अगर छोटी-मोटी गलतियां भी हो जाएं, तो हम उन्हें बोझ नहीं बनने देते, बल्कि हंसते-खेलते उन्हें भी परफॉर्मेंस का हिस्सा बना लेते हैं। सवाल- हमें जब स्ट्रेस होता है, तो वो कॉमेडी शोज देख लेते हैं, स्ट्रेस होने पर आप क्या करते है? जवाब- ये मेरे केस में थोड़ा अलग है। जब मैं स्ट्रेस में होता हूं, तो मेरे सामने कश्मीरा ही होती हैं…और सच कहूं तो वही हमारे लिए एक और स्ट्रेस बन जाती हैं (हंसते हुए)। तो ऐसा नहीं है कि हम स्ट्रेस से बाहर निकलने के लिए कुछ खास करते हैं, हम तो उसी में हंसते-खेलते जी लेते हैं। यही हमारा तरीका है, स्ट्रेस को भी मजाक में बदल देने का। सवाल- यूथ जो एक्टिंग में जाना चाहते हैं, उन्हें क्या टिप्स देना चाहेंगे? जवाब- आजकल का युथ वाकई बहुत अच्छा काम कर रहा है। मैं सोशल मीडिया पर देखता रहता हूं नए-नए लोग कॉमेडी में शानदार परफॉर्म कर रहे हैं। मुझे तो लगता है कि उन्हें अलग से टिप्स देने की जरूरत ही नहीं है। आज का यंग टैलेंट खुद ही एक्सपेरिमेंट करता है, अपनी स्टाइल बनाता है और उसी में आगे बढ़ रहा है। सबसे अच्छी बात ये है कि जो नए लोग आ रहे हैं, वो सीनियर्स को बहुत रिस्पेक्ट देते हैं। ये बहुत पॉजिटिव चीज है और इंडस्ट्री के लिए भी अच्छा संकेत है। कुल मिलाकर, सभी लोग बहुत बढ़िया काम कर रहे हैं और आगे का फ्यूचर काफी ब्राइट लग रहा है। सवाल- आप फ्री टाइम में क्या करते है? हॉबी क्या है? जवाब- मेरे फ्री टाइम की बात है, तो जब भी मौका मिलता है, हम घूमना-फिरना पसंद करते हैं। जैसे अभी रायपुर आए हैं, तो यहां घूम रहे हैं, अच्छा खाना खा रहे हैं और दोस्तों के साथ समय बिता रहे हैं, यहां हमारे दोस्त होपी के पास भी आए हैं। और अगर मुंबई में होते हैं, तो सच कहूं तो फ्री टाइम बहुत कम मिलता है। वहां खाली समय में भी हम अपने काम से जुड़े रहते है कभी एक्टिंग की प्रैक्टिस, कभी डांस, कभी कुछ नया सीखना। इसके अलावा परिवार के साथ वक्त बिताना भी बहुत जरूरी होता है। बच्चों के साथ टाइम स्पेंड करते हैं और कश्मीरा के साथ भी क्वालिटी टाइम निकालते हैं। सवाल- एक्टिंग में करियर बनाने के लिए गंभीर लोग कैसे सीखें? क्या स्टेप्स होना चाहिए। जवाब- अगर कोई इस फील्ड में सीरियसली आना चाहता है, तो मैं यही कहूंगा कि सबसे पहले ऑब्जर्व करना सीखिए। हमारा शो देखिए, एंजॉय करिए लेकिन सीखने वाले ध्यान से देखिए। जब आप हर एक्ट को गौर से देखेंगे, तो उसमें आपको बहुत कुछ सीखने को मिलेगा। हम लोग इतने सालों से जो मेहनत कर रहे हैं, उसका एक्सपीरियंस हर परफॉर्मेंस में नजर आता है। और ऐसा नहीं है कि सिर्फ आप ही हमसे सीखेंगे हम भी नए युथ से बहुत कुछ सीखते हैं। ये एक लगातार चलने वाला प्रोसेस है, जहां हर कोई एक-दूसरे से सीख रहा है।
शाजापुर जिले के मक्सी स्थित एक फैक्ट्री क्वार्टर में शुक्रवार को 40 वर्षीय श्रमिक की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। खून से लथपथ हालत में मिले राकेश ने इंदौर के एमवाय अस्पताल में उपचार के दौरान दम तोड़ दिया। पुलिस ने प्रारंभिक जांच और सीसीटीवी फुटेज के आधार पर मृतक की पत्नी आरती को मुख्य संदिग्ध मानते हुए हिरासत में ले लिया है। पेवर ब्लॉक से सिर और सीने पर हमला मक्सी के झोंकर रोड स्थित पद्मावती पेवर हाउस में कार्यरत राकेश कुंभकार अपनी पत्नी के साथ यहीं बने क्वार्टर में रहता था। शुक्रवार सुबह जब वह काम पर नहीं पहुंचा, तो एक अन्य कर्मचारी ने दरवाजा खोला जहां राकेश गंभीर घायल अवस्था में पड़ा मिला। कमरे में मिले एक पेवर ब्लॉक पर खून और बाल चिपके मिले हैं, जिससे पुलिस को आशंका है कि इसी भारी पत्थर से सिर और सीने पर वार किए गए। सीसीटीवी में बाहरी व्यक्ति की आवाजाही नहीं मक्सी थाना प्रभारी संजय कुमार वर्मा ने बताया कि फैक्ट्री परिसर में लगे सीसीटीवी कैमरों की जांच में रात के समय किसी भी बाहरी व्यक्ति का प्रवेश नहीं पाया गया है। पड़ोसियों और सहकर्मियों ने बताया कि पति-पत्नी दोनों शराब पीने के आदी थे और उनके बीच अक्सर विवाद होता रहता था। शुक्रवार सुबह जब कर्मचारी राकेश को देखने पहुंचे, तो पत्नी ने उसके न उठने का कारण केवल 'सिरदर्द' बताया था। आपसी विवाद के कारण वारदात की आशंका पुलिस की शुरुआती जांच में यह तथ्य सामने आया है कि वारदात के वक्त कमरे में केवल पति-पत्नी मौजूद थे। गंभीर चोटों और मौके के साक्ष्यों को देखते हुए पुलिस ने पत्नी आरती को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है। मक्सी थाना पुलिस ने हत्या का प्रकरण दर्ज कर शव का पोस्टमार्टम कराया है और मामले के अन्य पहलुओं की सूक्ष्मता से जांच कर रही है।
मैहर की विश्व प्रसिद्ध मां शारदा देवी के दरबार में चैत्र नवरात्रि के दूसरे दिन भक्तों का सैलाब उमड़ पड़ा। शुक्रवार को देश के कोने-कोने से आए करीब 85,365 श्रद्धालुओं ने माता के दर्शन किए। त्रिकूट पर्वत पर स्थित मंदिर में इतनी भारी भीड़ को देखते हुए प्रशासन और पुलिस पूरी तरह अलर्ट है। श्रद्धालुओं को कोई परेशानी न हो, इसके लिए जगह-जगह बैरिकेडिंग की गई है और सहायता केंद्र बनाए गए हैं। साथ ही, किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए मेडिकल टीमें भी तैनात की गई हैं। सुगम दर्शन के लिए मुस्तैद प्रशासन हजारों की तादाद में पहुंच रहे भक्तों के बावजूद प्रशासन ने ऐसी व्यवस्था की है कि लोग आसानी से माता की चौखट तक पहुंच सकें। नवरात्रि के चलते पूरे मैहर नगर में भक्ति का माहौल है और दूर-दराज से आने वाले श्रद्धालुओं का सिलसिला लगातार जारी है।
पूर्णिया के बाजारों में ईद की रौनक:खरीदारों के लिए उमड़ी भीड़, इत्रों की भी बढ़ी मांग
पूर्णिया शहर के बाजारों में ईद-उल-फितर को लेकर रौनक बढ़ गई है। लाइन बाजार, भट्ठा बाजार, थाना चौक, मधुबनी और मौलवी टोला चौक सहित अन्य प्रमुख स्थानों पर खरीदारों की भारी भीड़ उमड़ पड़ी है। सेवई और बेकरी उत्पादों की खरीदारी में जोश बाजारों में बेकरी उत्पादों के साथ-साथ सेवई को स्वादिष्ट बनाने के लिए काजू, किशमिश, पिस्ता और बादाम की खरीदारी भी जोरों पर है। लाइन बाजार कब्रिस्तान रोड के दोनों ओर सेवई की दुकानें सजी हुई हैं। इसके अलावा टोपी और फलों की दुकानों पर भी खरीदारों की भीड़ देखी जा रही है। नमाज और त्योहार की तैयारी के लिए विशेष सामान की खरीदारी ईद की नमाज और जश्न के लिए अन्य आवश्यक सामग्रियों की खरीदारी भी अपने अंतिम चरण में है। नमाज के लिए नई टोपियों और खुशबूदार इत्रों की दुकानों पर युवाओं की विशेष भीड़ है। दुबई और लखनऊ से आए इत्रों को लोग खास तौर पर पसंद कर रहे हैं। पिछले साल की तुलना में इस बार महंगाई बढ़ी है, लेकिन इसके बावजूद खरीदारों की संख्या अधिक है। लोग खुशी-खुशी त्योहार की खरीदारी कर रहे हैं। शहर के भट्ठा बाजार और मधुबनी बाजार में रेडीमेड गारमेंट्स और जूतों की दुकानों पर भी भीड़ देखी जा रही है। महिलाओं के लिए चिकनकारी सूट और पाकिस्तानी स्टाइल के ड्रेसेस चलन में हैं। विशेष सेवइयों की मांग बढ़ी बेकरी दुकानदार मोहम्मद तैजूल जफर ने बताया कि शुद्ध घी से बनी सेवई 700 रुपये प्रति किलो, हैदराबादी सेवई 400 रुपये प्रति किलो, बनारस की सेवई 250 से 300 रुपये प्रति किलो और राजधानी पटना की सेवई 200 रुपये प्रति किलो तक बिक रही है। उन्होंने कहा कि इस बार बनारस और हैदराबाद से विशेष सेवइयां मंगवाई गई थीं, जो लगभग स्टॉक से बाहर होने वाली हैं। महंगाई बढ़ने के बावजूद खरीदारों की भीड़ पिछले साल से अधिक है।
सेंट्रल इंस्टिट्यूट ऑफ पेट्रोकेमिकल इंजीनियरिंग एंड टेक्नोलॉजी (सिपेट) भागलपुर में “प्लास्टिक वेस्ट मैनेजमेंट, पॉलिसी फ्रेमवर्क, अर्बन चुनौतियां और सतत समाधान” विषय पर एक दिवसीय राष्ट्रीय संगोष्ठी का सफल आयोजन हाइब्रिड मोड (ऑफलाइन व ऑनलाइन) में किया गया। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य प्लास्टिक कचरे के प्रभावी प्रबंधन, नीतियों के क्रियान्वयन और सतत विकास को बढ़ावा देना रहा।कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में बिहार विधान परिषद सदस्य डॉ. एन. के. यादव और भागलपुर के विधायक रोहित पांडेय उपस्थित रहे इसके अलावा संस्थान के संयुक्त निदेशक और प्रमुख अमित लकड़ा, तकनीकी अधिकारी आशुतोष कुमार, फैकल्टी सदस्य, इंडस्ट्री एक्सपर्ट, प्रशिक्षु और मीडिया प्रतिनिधि भी शामिल हुए। संगोष्ठी का शुभारंभ दीप प्रज्वलन के साथ हुआ, जिसके बाद अतिथियों का पुष्पगुच्छ और अंगवस्त्र देकर स्वागत किया गया। अपने संबोधन में अमित लकड़ा ने कहा कि प्लास्टिक अपशिष्ट प्रबंधन आज के समय की सबसे बड़ी पर्यावरणीय चुनौतियों में से एक है, जिसके समाधान के लिए स्किल डेवलपमेंट, तकनीकी नवाचार और जन-जागरूकता अत्यंत आवश्यक है। मुख्य अतिथि डॉ. एन. के. यादव ने प्लास्टिक रीसाइक्लिंग को बढ़ावा देने और प्रभावी नीति ढांचे के निर्माण पर जोर दिया। जनभागीदारी की अहम भूमिका बताई विधायक रोहित पांडेय ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के स्वच्छ भारत मिशन का उल्लेख करते हुए प्लास्टिक कचरे को कम करने में जनभागीदारी की अहम भूमिका बताई।संगोष्ठी के दौरान विशेषज्ञों ने शहरी कचरा प्रबंधन की चुनौतियों, रीसाइक्लिंग तकनीकों, सर्कुलर इकोनॉमी मॉडल और टिकाऊ समाधानों पर विस्तार से चर्चा की साथ ही प्लास्टिक वेस्ट मैनेजमेंट सेंटर (PWM) की उपलब्धियों और भविष्य की योजनाओं को भी साझा किया गया। कार्यक्रम में शामिल प्रतिभागियों और विशेषज्ञों ने संगोष्ठी को अत्यंत ज्ञानवर्धक और प्रभावशाली बताया।
डिंडौरी जिले में शुक्रवार शाम मौसम के अचानक बदले मिजाज के बाद ओलावृष्टि के साथ मूसलाधार बारिश हुई। शाम करीब 5:30 बजे शुरू हुआ बारिश और ओलों का दौर लगभग आधे घंटे तक जारी रहा, जिससे तापमान में गिरावट दर्ज की गई। इस बेमौसम आपदा ने खेतों में पककर तैयार खड़ी गेहूं, चना और मसूर की फसलों के सामने संकट खड़ा कर दिया है। शहपुरा और बजाग विकासखंड में ओलावृष्टि शहपुरा विकासखंड के ढ़ोढ़ा और बजाग विकासखंड के गाड़ासरई क्षेत्र में चने के आकार के ओले गिरे। आधे घंटे की तेज बारिश के कारण गाड़ासरई कस्बे की सड़कों पर जलभराव की स्थिति निर्मित हो गई। मौसम विभाग के अनुसार, शुक्रवार को जिले का अधिकतम तापमान 27 डिग्री और न्यूनतम तापमान 17 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया है। पककर तैयार फसलों को बचाने की जद्दोजहद किसान नकुल सिंह ने बताया कि खेतों में गेहूं, मटर और मसूर की फसलें पूरी तरह पक चुकी हैं। किसान अब पकी हुई फसलों की तत्काल कटाई और गहाई के लिए हार्वेस्टर का इंतजार कर रहे हैं। यदि बारिश का सिलसिला जारी रहता है, तो दानों के झड़ने और फसल के काले पड़ने से उत्पादन और गुणवत्ता पर बुरा असर पड़ेगा। रात भर ओलावृष्टि की आशंका शुक्रवार रात को भी आसमान में घने बादल छाए रहे, जिससे किसानों की चिंता और बढ़ गई है। ग्रामीणों को डर है कि यदि रात में दोबारा ओले गिरते हैं, तो रबी की फसलों को अपूरणीय क्षति हो सकती है। कृषि विभाग के अधिकारी भी स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं ताकि प्रभावित क्षेत्रों में प्रारंभिक आकलन किया जा सके।
लखनऊ के 1090 चौराहे के पास स्थित सेज क्रिकेट ग्राउंड में 23 मार्च से स्व राधिका सिंह मेमोरियल राज्य स्तरीय महिला क्रिकेट टूर्नामेंट का आयोजन होगा। उत्तर प्रदेश क्रिकेट एसोसिएशन (यूपीसीए) से स्वीकृति प्राप्त व क्रिकेट एसोसिएशन लखनऊ (सीएएल) द्वारा आयोजित इस टूर्नामेंट के मुकाबले में कुल 6 टीमें हिस्सा लेंगी। दोनों ग्रुप की टॉप 2 टीम सेमीफाइनल फाइनल में पहुंचेगी। ग्रुप ए में सीएएल लखनऊ ब्लू, आगरा व गोरखपुर और ग्रुप बी में सीएएल लखनऊ रेड, कानपुर व सहारनपुर को जगह मिली है। टूर्नामेंट के सभी मैच 25-25 ओवर के खेले जाएंगे और लीग राउंड के बाद दोनों ग्रुप से शीर्ष दो टीमें सेमीफाइनल में प्रवेश करेंगी। बेटियां अपने खेल का हुनर दिखाएं टूर्नामेंट के बारे में जानकारी देते हुए भाजपा युवा मोर्चा के प्रदेश महामंत्री और आयोजन सचिव हर्षवर्धन सिंह ने बताया कि राधिका फाउंडेशन के सहयोग से यह टूर्नामेंट मेरी मां की स्मृति में आयोजित हो रहा है, जिसमें बेटियां अपने खेल का हुनर दिखाते हुए मैदान पर उतरेंगी। उन्होंने आगे बताया कि टूर्नामेंट के सेमीफाइनल 26 मार्च को होंगे जिसमें ग्रुप ए की शीर्ष टीम का मैच ग्रुप बी की नंबर दो टीम से और ग्रुप बी की शीर्ष टीम का मैच ग्रुप ए की नंबर दो टीम से होगा।
सहरसा बस स्टैंड पर अतिक्रमण विवाद:निजी प्रतिष्ठान के अवैध निर्माण पर प्रशासन ने लगाई रोक
सहरसा के सरकारी बस स्टैंड परिसर में अतिक्रमण को लेकर विवाद गहरा गया है। बिहार राज्य पथ परिवहन निगम (BSRTC) के सहरसा कंट्रोलर आनंद मिश्रा ने एक निजी प्रतिष्ठान जबरन कब्जा कर निर्माण कार्य शुरू करने के प्रयास पर तत्काल कार्रवाई की मांग की है। कंट्रोलर आनंद मिश्रा ने आरोप लगाया है कि बस स्टैंड की सरकारी जमीन पर 'राजू होटल' द्वारा अवैध तरीके से निर्माण कराने का प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि यह भूमि पूरी तरह से परिवहन निगम की है। मिश्रा के अनुसार, बिना किसी लिखित अनुमति के किसी भी तरह का निर्माण गैरकानूनी है। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि होटल संचालक नगर निगम के नगर अध्यक्ष के मौखिक आदेश का हवाला देकर निर्माण कार्य करना चाह रहे थे। मिश्रा ने स्पष्ट किया कि यदि कोई वैध आदेश है, तो उसे लिखित रूप में प्रस्तुत किया जाए, अन्यथा निर्माण की अनुमति नहीं दी जाएगी। मामले की गंभीरता को देखते हुए पूर्णिया प्रमंडल के क्षेत्रीय प्रबंधक प्रतीक झा ने भी जिलाधिकारी को स्थिति से अवगत कराया। इसके बाद जिलाधिकारी दीपेश कुमार ने सख्त निर्देश जारी करते हुए बस स्टैंड परिसर में किसी भी प्रकार के अवैध निर्माण को तत्काल प्रभाव से रोकने का आदेश दिया। दूसरी ओर, 'राजू होटल' के संचालक राजू का कहना है कि उन्हें पूर्व में विभाग द्वारा बस स्टैंड परिसर में जगह आवंटित की गई थी। उन्होंने बताया कि वे वर्षों से वहां व्यवसाय कर रहे थे। राजू का आरोप है कि हाल ही में अतिक्रमण के नाम पर उन्हें वहां से हटा दिया गया, जो गलत है। इस संबंध में, सहरसा नगर निगम के नगर आयुक्त प्रभात कुमार झा ने स्पष्ट किया कि होटल बस स्टैंड के एग्जिट प्वाइंट पर अवैध रूप से स्थापित था। उन्होंने बताया कि इसे जिला प्रशासन के आदेश पर हटाया गया है। नगर आयुक्त ने यह भी कहा कि नगर निगम द्वारा किसी को भी वहां बसने या निर्माण की कोई लिखित या मौखिक अनुमति नहीं दी गई है। फिलहाल, प्रशासन ने अवैध निर्माण पर रोक लगा दी है और मामले की जांच जारी है।
बालाघाट जिले में प्रशासन ने बकाया राजस्व वसूली को लेकर सख्ती दिखाना शुरू कर दिया है। इसी कड़ी में तहसीलदार सुनील वर्मा और उनकी टीम ने किराया और टैक्स न चुकाने वाले तीन दुकानदारों की दुकानों को सील कर दिया। इस कार्रवाई के डर से कुछ दुकानदारों ने मौके पर ही 2.90 लाख रुपए की बकाया राशि सरकारी खजाने में जमा कर दी। नजूल आरआई और पटवारियों की टीम सरेखा इलाके में पहुंची। यहां मनोज (पिता रेवाशंकर) नाम के व्यक्ति ने अपनी तीन दुकानों का नजूल नवीनीकरण पैसा लंबे समय से जमा नहीं किया था। प्रशासन ने उन्हें कई बार नोटिस दिए, लेकिन पैसे जमा न होने पर आखिरकार दुकानों पर ताला जड़कर उन्हें सील कर दिया गया। कुर्की की भी दी चेतावनी तहसीलदार सुनील वर्मा ने साफ कर दिया है कि यह अभियान रुकने वाला नहीं है। उन्होंने चेतावनी दी है कि जिन लोगों ने भी डायवर्सन या नजूल मद का पैसा रोक रखा है, वे जल्द से जल्द जमा कर दें, वरना उनकी संपत्तियों को कुर्क (जब्त) करने की कार्रवाई की जाएगी। प्रशासन की इस अचानक हुई कार्रवाई से शहर के अन्य बड़े बकायादारों में भी हड़कंप मच गया है।
फिरोजाबाद में भगवान झूलेलाल जयंती के अवसर पर जनपद में आस्था और उत्साह का अद्भुत संगम देखने को मिला। टूण्डला क्षेत्र में शुक्रवार देर शाम भव्य शोभायात्रा निकाली गई, जिसमें महिला और पुरुष श्रद्धालु ढोल-नगाड़ों की थाप पर नाचते-गाते हुए शामिल हुए। पूरे मार्ग पर भक्ति का माहौल छाया रहा। यह शोभायात्रा अध्यक्ष दिनेश चंदानी के नेतृत्व में समय लगभग 20:40 बजे दीपा चौराहा से प्रारंभ हुई। शोभायात्रा में करीब 125 से 150 श्रद्धालु शामिल रहे। इसमें 2 आकर्षक झांकियां और 1 डीजे वाहन भी शामिल था, जिसने पूरे माहौल को भक्तिमय और उत्साहपूर्ण बना दिया। शोभायात्रा दीपा चौराहा से शुरू होकर थाना टूण्डला के सामने भारत माता चौक होते हुए निर्धारित मार्ग से गुजरती हुई सिंधी कॉलोनी स्थित श्री झूलेलाल मंदिर पर पहुंचकर संपन्न होगी। रास्ते भर श्रद्धालु झूमते नजर आए और भगवान झूलेलाल के जयकारों से वातावरण गूंजता रहा। कार्यक्रम को लेकर सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए गए थे। उत्तर प्रदेश पुलिस का पर्याप्त बल पूरे मार्ग पर तैनात रहा, जिससे शोभायात्रा शांतिपूर्ण और व्यवस्थित ढंग से संपन्न हो रही है। प्रशासन की सतर्कता और आयोजकों के सहयोग से कार्यक्रम कुशलतापूर्वक जारी रहा, जिससे क्षेत्र में शांति एवं सौहार्द का संदेश भी प्रसारित हुआ।
चुनाव आयोग (ECI) ने आगामी विधानसभा चुनावों से पहले राजनीतिक दलों और उम्मीदवारों के लिए सख्त निर्देश जारी किए हैं। अब सोशल मीडिया और इलेक्ट्रॉनिक प्लेटफॉर्म पर किसी भी पॉलिटिकल एड से पहले मीडिया सर्टिफिकेशन एंड मॉनिटरिंग कमेटी (MCMC) से परमिशन लेना जरूरी होगा। यह निर्देश पांच राज्यों असम, केरल, पुडुचेरी, तमिलनाडु और पश्चिम बंगाल में होने वाले चुनावों और छह राज्यों के उपचुनावों के लिए लागू होगा। आयोग के मुताबिक बिना प्रमाणन के कोई भी राजनीतिक विज्ञापन टीवी, रेडियो, सार्वजनिक स्थानों पर ऑडियो-वीडियो डिस्प्ले, ई-पेपर, बल्क SMS/वॉयस मैसेज, इंटरनेट और सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर जारी नहीं किया जा सकेगा। पेड न्यूज और सोशल मीडिया पर निगरानी चुनाव आयोग ने MCMC को पेड न्यूज के मामलों पर कड़ी निगरानी रखने और आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं। उम्मीदवारों को अपने नामांकन पत्र में अपने सभी आधिकारिक सोशल मीडिया अकाउंट की जानकारी देना भी अनिवार्य होगा। खर्च का पूरा हिसाब देना होगा जन प्रतिनिधित्व अधिनियम, 1951 की धारा 77(1) और सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों के तहत, राजनीतिक दलों को चुनाव खत्म होने के 75 दिनों के भीतर पूरा खर्च विवरण देना होगा। इसमें इंटरनेट और सोशल मीडिया पर विज्ञापन, कंटेंट तैयार करने और अकाउंट संचालन से जुड़े सभी खर्च शामिल होंगे। फेक न्यूज, भ्रामक जानकारी और दुष्प्रचार पर नियंत्रण के लिए 19 मार्च को आयोग ने सभी चुनावी राज्यों के अधिकारियों और सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म के प्रतिनिधियों के साथ बैठक भी की। 5 राज्यों में अप्रैल में चुनाव अप्रैल में असम, केरल, पुडुचेरी, तमिलनाडु और पश्चिम बंगाल में विधानसभा चुनाव होने हैं। बंगाल में दो फेज 23 और 29 अप्रैल को वोटिंग होगी। तमिलनाडु, केरल, असम और पुडुचेरी में सिंगल फेज में चुनाव होंगे। तमिलनाडु में 23 अप्रैल, केरल, असम और पुडुचेरी में 9 अप्रैल को मतदान होगा। पांचों राज्यों का रिजल्ट 4 मई को आएगा। मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार ने 15 मार्च को इसका ऐलान किया था। पांच राज्यों-केंद्र शासित प्रदेश में 17.4 करोड़ मतदाता हैं। यहां 824 सीटों पर चुनाव होने हैं। 2021 में इन सभी पांच राज्यों के चुनाव का ऐलान 26 फरवरी को किया गया था। पिछली बार बंगाल में 8 चरणों में चुनाव हुए थे। --------------------------------------------- ये खबर भी पढ़ें… ममता का ऐलान- SC-ST महिलाओं को हर महीने ₹1700 देंगे, बाकी को ₹1500 मिलेंगे, TMC घोषणापत्र में पक्के घर पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री और ऑल इंडिया तृणमूल कांग्रेस (TMC) की प्रमुख ममता बनर्जी ने विधानसभा चुनाव के लिए पार्टी का घोषणा पत्र जारी किया। ममता ने लक्ष्मी भंडार योजना के तहत महिलाओं को हर महीने मिलने वाली सहायता राशि 500-500 रुपए बढ़ाने का वादा किया है। पूरी खबर पढ़ें…
चुनाव आयोग (ECI) ने आगामी विधानसभा चुनावों से पहले राजनीतिक दलों और उम्मीदवारों के लिए सख्त निर्देश जारी किए हैं। अब सोशल मीडिया और इलेक्ट्रॉनिक प्लेटफॉर्म पर किसी भी पॉलिटिकल एड से पहले मीडिया सर्टिफिकेशन एंड मॉनिटरिंग कमेटी (MCMC) से परमिशन लेना जरूरी होगा। यह निर्देश पांच राज्यों असम, केरल, पुडुचेरी, तमिलनाडु और पश्चिम बंगाल में होने वाले चुनावों और छह राज्यों के उपचुनावों के लिए लागू होगा। आयोग के मुताबिक बिना प्रमाणन के कोई भी राजनीतिक विज्ञापन टीवी, रेडियो, सार्वजनिक स्थानों पर ऑडियो-वीडियो डिस्प्ले, ई-पेपर, बल्क SMS/वॉयस मैसेज, इंटरनेट और सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर जारी नहीं किया जा सकेगा। कैसे मिलेगा सर्टिफिकेशन राज्य या केंद्रशासित प्रदेश स्तर पर पंजीकृत राजनीतिक दलों को राज्य स्तरीय MCMC से अनुमति लेनी होगी, जबकि उम्मीदवारों को जिला स्तरीय MCMC में आवेदन करना होगा। साथ ही, राज्य स्तर पर मुख्य निर्वाचन अधिकारी (CEO) की अध्यक्षता में अपील समिति भी बनाई गई है, जहां फैसलों के खिलाफ अपील की जा सकेगी। पेड न्यूज और सोशल मीडिया पर निगरानी चुनाव आयोग ने MCMC को पेड न्यूज के मामलों पर कड़ी निगरानी रखने और आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं। उम्मीदवारों को अपने नामांकन पत्र में अपने सभी आधिकारिक सोशल मीडिया अकाउंट की जानकारी देना भी अनिवार्य होगा। खर्च का पूरा हिसाब देना होगा जन प्रतिनिधित्व अधिनियम, 1951 की धारा 77(1) और सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों के तहत, राजनीतिक दलों को चुनाव खत्म होने के 75 दिनों के भीतर पूरा खर्च विवरण देना होगा। इसमें इंटरनेट और सोशल मीडिया पर विज्ञापन, कंटेंट तैयार करने और अकाउंट संचालन से जुड़े सभी खर्च शामिल होंगे। फेक न्यूज पर रोक के लिए बैठक फेक न्यूज, भ्रामक जानकारी और दुष्प्रचार पर नियंत्रण के लिए 19 मार्च को आयोग ने सभी चुनावी राज्यों के अधिकारियों और सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म के प्रतिनिधियों के साथ बैठक भी की।
बलिया में स्वास्थ्य विभाग ने अस्पतालों पर की कार्रवाई:दो अस्पताल सील किए, दो को नोटिस जारी
बलिया में स्वास्थ्य विभाग ने शुक्रवार शाम कार्रवाई करते हुए ए-वन पूर्वांचल हॉस्पिटल और वरदान हॉस्पिटल को सील कर दिया। इसके अतिरिक्त, दुर्गा हॉस्पिटल और स्वस्तिक हॉस्पिटल को कागजात देने के लिए नोटिस जारी किया गया है। यह कार्रवाई बीते दिनों पूर्वांचल हॉस्पिटल में हुई एक घटना के बाद तेज हुई है। यहां ऑपरेशन के दौरान लापरवाही से प्रसूता रिंकू यादव और उनके जुड़वा बच्चों की मौत हो गई थी। जांच के दौरान नवजातों के शव अस्पताल परिसर के शौचालय के पास कूड़ेदान में मिले थे, जिससे परिजनों में आक्रोश फैल गया था। इस घटना के बाद स्वास्थ्य विभाग ने पूर्वांचल अस्पताल और ए-वन पूर्वांचल अस्पताल की ओटी को पहले ही सील कर दिया था। प्रभारी सीएमओ डॉ. आनंद कुमार ने बताया कि जांच और कार्रवाई लगातार जारी रहेगी। कार्रवाई करने वाली टीम में डॉ. अभिषेक मिश्रा, डॉ. मंजू रानी, डॉ. योगेंद्र दास, डॉ. योगेश पांडेय और डॉ. शशिकांत शामिल थे। इस मामले को लेकर लोगों ने विरोध प्रदर्शन भी किया था और पुलिस ने अस्पताल संचालक को हिरासत में लेकर पूछताछ की थी।
दरभंगा में आने वाले प्रमुख पर्व-त्योहारों को लेकर जिला प्रशासन पूरी तरह सतर्क नजर आ रहा है। कलेक्ट्रेट स्थित बाबा साहेब डॉ. भीमराव अंबेडकर सभागार में आयोजित जिला शांति समिति की बैठक में ईद, चैती छठ, रामनवमी एवं दुर्गा पूजा को शांतिपूर्ण और आपसी भाईचारे के साथ मनाने पर विशेष जोर दिया गया। बैठक की अध्यक्षता करते हुए जिलाधिकारी कौशल कुमार ने स्पष्ट निर्देश दिया कि सभी समितियां झांकियों के विषय-वस्तु और स्लोगन की पहले से जांच कर लें, ताकि किसी भी समुदाय की भावना आहत न हो। उन्होंने रामनवमी जुलूस को लेकर सख्ती से कहा कि किसी भी आपत्तिजनक झांकी की अनुमति नहीं दी जाएगी और डीजे पर पूर्ण प्रतिबंध रहेगा। बैठक में शांति समिति के सदस्यों ने प्रमुख स्थलों पर मेडिकल टीम की तैनाती, साफ-सफाई, विद्युत व्यवस्था दुरुस्त करने और असामाजिक तत्वों पर निगरानी की मांग की। अखाड़ा मिलान स्थल राम जानकी मंदिर (नाका संख्या-05) सहित लहेरियासराय टावर, लोहिया चौक, दरभंगा टावर और नाका संख्या-06 पर विशेष व्यवस्था सुनिश्चित करने पर बल दिया गया। जिलाधिकारी ने सिविल सर्जन को प्राथमिक उपचार किट उपलब्ध कराने, स्वास्थ्य विभाग को डीएमसीएच सहित प्रमुख स्थानों पर मेडिकल टीम तैनात करने और एंबुलेंस को अलर्ट मोड में रखने का निर्देश दिया। अग्निशमन विभाग को सतर्क रहने तथा नगर निगम और पीएचईडी को पेयजल की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित करने को कहा गया। अतिक्रमण हटाने और सीसीटीवी से निगरानी के निर्देश एसडीओ और एसडीपीओ को जुलूस मार्गों से अतिक्रमण हटाने के निर्देश दिए गए। भीड़भाड़ वाले इलाकों में सीसीटीवी कैमरे लगाने और विशेष सफाई अभियान चलाने पर भी जोर दिया गया। चैती छठ को लेकर घाटों की साफ-सफाई, बैरिकेडिंग और बिजली व्यवस्था दुरुस्त करने के निर्देश दिए गए। डीएम कौशल कुमार ने बताया कि ईद के अवसर पर जिले के करीब 180 स्थानों पर दंडाधिकारियों की तैनाती की गई है। सभी मस्जिदों में नमाज को लेकर प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद है। उन्होंने भरोसा जताया कि ईद शांतिपूर्ण माहौल में संपन्न होगा। 400 संवेदनशील स्थान चिन्हित, भारी पुलिस बल तैनात वरीय पुलिस अधीक्षक जगुनाथ रेड्डी जलारेड्डी ने बताया कि जिले में करीब 400 संवेदनशील स्थानों की पहचान की गई है। इन स्थानों पर क्यूआरटी, बाइक पेट्रोलिंग टीम और अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है। पुलिस मुख्यालय से भी पीटीसी प्रशिक्षु, एसएसबी के जवान और आईजी रिजर्व कंपनी को लगाया गया है। सोशल मीडिया पर कड़ी नजर, अफवाह फैलाने वालों पर कार्रवाई एसएसपी ने कहा कि जिलेभर में पेट्रोलिंग बढ़ा दी गई है और सभी थाना प्रभारियों को लगातार सक्रिय रहने का निर्देश दिया गया है। सोशल मीडिया पर भ्रामक पोस्ट या आपत्तिजनक टिप्पणी करने वालों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर सख्त कार्रवाई की जाएगी।
गाजीपुर में शुक्रवार देर शाम एक महिला की मालगाड़ी की चपेट में आने से मौत हो गई। यह हादसा सिटी रेलवे स्टेशन और गाजीपुर घाट स्टेशन के बीच ओवरब्रिज के नीचे रात करीब 8 बजे हुआ। महिला की घटनास्थल पर ही मृत्यु हो गई। घटना के बाद मौके पर भीड़ जमा हो गई। सूचना मिलते ही कोतवाली पुलिस और राजकीय रेलवे पुलिस (जीआरपी) घटनास्थल पर पहुंची। पुलिस ने शव को अपने कब्जे में लेकर मामले की जांच शुरू कर दी है। जीआरपी के अनुसार, महिला की मौत बलिया से वाराणसी की ओर जा रही एक मालगाड़ी की चपेट में आने से हुई। मृतक महिला की पहचान दिलशादपुर (बाराचवर) निवासी छोटेलाल सिंह की पत्नी पूनम सिंह के रूप में हुई है। जीआरपी ने मृतका के परिजनों को घटना की सूचना दे दी है। शव को पोस्टमार्टम के लिए मर्चरी हाउस में रखवाया गया है। पुलिस इस पूरे मामले की गहन छानबीन कर रही है।
ईद से पहले किशनगंज के बाजारों में भीड़:5 करोड़ से अधिक के कारोबार का अनुमान
किशनगंज में पवित्र त्योहार ईद-उल-फित्र को लेकर शहर में उत्साह का माहौल है। शनिवार को ईद मनाए जाने से एक दिन पहले शुक्रवार को प्रमुख बाजारों में खरीदारों की भारी भीड़ उमड़ पड़ी। अनुमान के अनुसार, 2 लाख से अधिक लोग खरीदारी के लिए बाजार पहुंचे, जिससे शहर में मेले जैसा नजारा दिखा। गांधी चौक, अस्पताल रोड, डे मार्केट, फलपट्टी और चूड़ी पट्टी जैसे मुख्य बाजारों में कपड़ों, जूते-चप्पलों, सेवइयां, सूखे मेवों, खजूर और सजावटी सामानों की दुकानों पर ग्राहकों की लंबी कतारें देखी गईं। बच्चों और युवाओं में नए कपड़ों की खरीदारी का विशेष उत्साह था। बिक्री पिछले कई वर्षों की तुलना में काफी बेहतर रही दुकानदारों ने बताया कि इस बार बिक्री पिछले कई वर्षों की तुलना में काफी बेहतर रही है। रेडीमेड गारमेंट्स, मिठाइयां, फूड आइटम्स और कॉस्मेटिक्स की मांग में उल्लेखनीय वृद्धि दर्ज की गई। सेवइयां और खजूर की खरीदारी भी चरम पर रही। ईद की तैयारियों के तहत पूरे शहर को रंग-बिरंगी लाइटों, फूलों और आकर्षक सजावट से सजाया गया है। शाम ढलते ही बाजारों की चमक-दमक बढ़ जाती है। कई दुकानदारों ने ग्राहकों को आकर्षित करने के लिए विशेष छूट और आकर्षक ऑफर दिए हैं। शहर में लगभग 5 करोड़ रुपये से अधिक का कारोबार होने की संभावना व्यापारियों का अनुमान है कि इस ईद के अवसर पर शहर में लगभग 5 करोड़ रुपये से अधिक का कारोबार होने की संभावना है। प्रशासन ने भीड़भाड़ वाले बाजारों में सुरक्षा और यातायात व्यवस्था के पुख्ता इंतजाम किए हैं। पुलिस बल की पर्याप्त तैनाती की गई है और सीसीटीवी निगरानी भी बढ़ाई गई है। ट्रैफिक पुलिस ने प्रमुख चौराहों पर अतिरिक्त कर्मचारियों को तैनात किया है ताकि लोग सुरक्षित माहौल में खरीदारी कर सकें और यातायात सुचारु रहे।

