Tamil Nadu CM Vijay ने महिलाओं के लिए फ्री बस यात्रा का किया विस्तार, 3 मुफ्त सिलेंडर का ऐलान
तमिलनाडु के मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय ने सोमवार को महिलाओं के लिए नि:शुल्क बस यात्रा योजना के विस्तार की घोषणा की जिसके तहत लाभार्थी अब डीलक्स तथा एक्सप्रेस बस सेवाओं में भी मुफ्त यात्रा कर सकेंगी। विधानसभा में कई महत्वपूर्ण घोषणाएं करते हुए विजय ने तमिलगा वेत्री कषगम (टीवीके) के प्रमुख चुनावी वादों को पूरा करने की दिशा में तीन मुफ्त रसोई गैस सिलेंडर देने का भी ऐलान किया और कहा कि इसकी राशि सीधे लाभार्थियों के बैंक खातों में जमा की जाएगी। उन्होंने यह भी घोषणा की कि अब परंदूर में प्रस्तावित ग्रीनफील्ड हवाई अड्डा परियोजना स्थापित नहीं की जाएगी और इसके लिए कोई अन्य स्थान चिह्नित किया जाएगा। इस हवाई अड्डा परियोजना का स्थानीय किसानों द्वारा भारी विरोध किया जा रहा था और वे अपनी जमीन देने के लिए तैयार नहीं थे। विजय ने सदन में नियम 110 के तहत बयान देते हुए कहा, ‘‘महिलाओं के लिए नि:शुल्क बस यात्रा योजना ‘वेत्री पयनम’ में आय सीमा या यात्राओं की संख्या जैसी कोई शर्त नहीं होगी।’’महिलाएं महानगरों और शहरी क्षेत्रों में संचालित होने वाली एक्सप्रेस, एलएसएस और डीलक्स सरकारी बसों के साथ-साथ उपनगरीय व पहाड़ी इलाकों में सामान्य बसों में भी मुफ्त यात्रा कर सकती हैं। उन्होंने कहा कि यह योजना गांधी जयंती के अवसर पर दो अक्टूबर को शुरू की जाएगी। उन्होंने कहा कि इस योजना पर राज्य सरकार प्रति वर्ष 6,000 करोड़ रुपये अतिरिक्त खर्च करेगी। अप्रैल में हुए विधानसभा चुनाव से पहले विजय द्वारा ‘अन्नपूर्णी सुपर सिक्स’ योजना का वादा किया गया था जिसके तहत तमिलनाडु के प्रत्येक पात्र परिवार को जीवन-यापन का खर्च कम करने के लिए हर साल छह मुफ्त एलपीजी सिलेंडर देने की बात कही गई थी लेकिन शुरुआती चरण में सोमवार को तीन मुफ्त रसोई गैस सिलेंडर देने की घोषणा की गई। विजय ने कहा, ‘‘इससे उन लोगों का बोझ कम होगा, जो सिलेंडर खरीदने के लिए ज्यादा भुगतान कर रहे हैं। सरकार ने रसोई गैस सिलेंडरों की लागत वहन करने का निर्णय लिया है। पहले चरण में तीन मुफ्त एलपीजी सिलेंडर दिए जाएंगे और उनकी कीमत सीधे लाभार्थियों के बैंक खातों में जमा की जाएगी।’’उन्होंने बताया कि इस योजना से करीब 2.5 लाख रुपये तक की वार्षिक आय वाले परिवारों, आर्थिक रूप से पिछड़े परिवारों, छोटे एवं मध्यम किसानों, दिव्यांगों और गरीब परिवारों को लाभ मिलेगा। इस योजना का लाभ कुल 1,30,16,104 परिवारों को मिलेगा। विजय ने कहा, ‘‘योजना पर काम शुरू हो गया है और यह योजना पोंगल (जनवरी के मध्य) 2027 के अवसर पर शुरू की जाएगी।’’उन्होंने कहा कि राज्य सरकार इस योजना के लिए हर साल 4,000 करोड़ रुपये आवंटित करेगी। विजय ने एक बड़े नीतिगत बदलाव की घोषणा करते हुए कहा कि परंदूर में अब ग्रीनफील्ड हवाई अड्डा परियोजना पर काम नहीं किया जाएगा और इसके लिए किसी वैकल्पिक स्थान की पहचान की जाएगी। उन्होंने कहा कि टीवीके सरकार जनता के साथ मजबूती से खड़ी है और हवाई अड्डे के कारण स्थानीय समुदायों को विस्थापित नहीं होने देगी। परियोजना के लिए चिह्नित लगभग 55 प्रतिशत भूमि में जलाशय और आर्द्रभूमि शामिल थे, जिससे रनवे का संचालन असुरक्षित हो सकता था और क्षेत्र में बाढ़ का खतरा था। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि सरकार विकास के खिलाफ नहीं है और अब चेन्नई के दूसरे हवाई अड्डे के लिए किसी वैकल्पिक स्थान की तलाश की जाएगी। नया स्थान विशेषज्ञों के तकनीकी व्यवहार्यता अध्ययनों के माध्यम से चिह्नित किया जाएगा और वहीं होगा जहां जनता का कोई विरोध न हो। उन्होंने बताया कि राज्य सरकार ने चेन्नई अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे के उत्तर-पश्चिम दिशा में पांचवां टर्मिनल स्थापित करने की योजना बनाई है, जिससे हवाई अड्डा प्रति वर्ष दो करोड़ अतिरिक्त यात्रियों को संभालने में सक्षम होगा। तीसरे टर्मिनल का काम पूरा होने के बाद हवाई अड्डा प्रति वर्ष 3.5 करोड़ यात्रियों को संभालने में सक्षम होगा। इस घोषणा पर विपक्षी द्रविड़ मुनेत्र कषगम (द्रमुक) ने विरोध जताते हुए दावा किया कि हवाई अड्डे का स्थान बदलने से राज्य को भारी आर्थिक नुकसान होगा। परंदूर में 27,400 करोड़ रुपये की लागत से 5,700 एकड़ से अधिक भूमि पर हवाई अड्डा बनाने की योजना मूलरूप से पूर्ववर्ती द्रमुक सरकार ने 2022 में तैयार की थी। इसके खिलाफ स्थानीय किसानों और एकानापुरम गांव के निवासियों ने लगभग 1,100 दिन तक प्रदर्शन करने का दावा किया, जो 24 अगस्त 2026 को आधिकारिक रूप से समाप्त हो गया।
A major gift for women Tamil Nadu Announcements ranging free bus travel LPG cylinders when will scheme begin
तमिलनाडु में महिलाओं को CM विजय का बड़ा तोहफा! साल में 3 LPG सिलेंडर फ्री, बस यात्रा भी होगी मुफ्त
Tamil Nadu News: तमिलनाडु के मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय ने सोमवार (24 अगस्त) को राज्य की महिलाओं और परिवारों के लिए दो बड़े ऐलान किए। सरकार ने साल में तीन LPG सिलेंडर मुफ्त देने और राज्य की सभी बसों में महिलाओं के लिए चल रही 'मुफ्त यात्रा योजना' का विस्तार करने का फैसला किया है। मुख्यमंत्री ने तीन मुफ्त रसोई गैस सिलेंडर देने की घोषणा करते हुए कहा कि राशि सीधे लाभार्थियों के बैंकअकाउंट में जमा की जाएगी। सीएम ने सरकारी बसों में महिलाओं के लिए निशुल्क यात्रा योजना के विस्तार की घोषणा करते हुए बताया कि अब एक्सप्रेस और डीलक्स बसों में भी महिलाओं को किराया नहीं देना होगा।मुख्यमंत्री विजय ने कहा कि महिलाओं को निशुल्क बस यात्रा के लिए न आय सीमा की शर्त होगी, न यात्राओं की संख्या की कोई पाबंदी होगी। विजय के इस ऐलान को घरेलू बजट पर राहत देने वाली बड़ी पहल के तौर पर देखा जा रहा है। LPG सिलेंडर की बढ़ती कीमतों के बीच साल में तीन सिलेंडर मुफ्त मिलने से पात्र परिवारों के रसोई खर्च में कमी आ सकती है।मुफ्त यात्रा का दायरा बढ़ायाइसके साथ ही सीएम ने बताया कि महिलाओं के लिए सरकारी बसों में मुफ्त यात्रा की सुविधा का दायरा बढ़ाया जाएगा। सरकार का उद्देश्य महिलाओं के लिए सार्वजनिक परिवहन को अधिक सुलभ बनाना और उनके यात्रा खर्च को कम करना है। इसकी विस्तृत जानकारी सरकार की ओर से बता दी गई है।इसी तरह मुफ्त बस यात्रा योजना के विस्तार के तहत किन अतिरिक्त सेवाओं या वर्गों को लाभ मिलेगा, इसका भी विस्तृत खाका सामने आना बाकी है। मुख्यमंत्री विजय के इन ऐलानों से तमिलनाडु में LPG और महिलाओं की सार्वजनिक परिवहन से जुड़ी योजनाओं को लेकर बड़ा बदलाव होने की उम्मीद है।'अन्नपूर्णी सुपर 6' योजनामुफ्त गैस सिलेंडर के बारे में विजय ने कहा कि 'अन्नपूर्णी सुपर 6 (Annapoorani Super 6)' योजना के तहत उन परिवारों को हर साल तीन LPG सिलेंडर दिए जाएंगे जिनकी सालाना आय 2.5 लाख रुपये या उससे कम है। यह स्कीम जनवरी 2027 में आने वाले पोंगल त्योहार से लागू की जाएगी। इस योजना पर राज्य को लगभग 4,000 करोड़ रुपये का खर्च आएगा। इससे राज्य के 1.30 करोड़ से अधिक पात्र परिवारों को डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर (DBT) के जरिए फायदा मिलेगा।ये भी पढ़ें- Iran-US War Update: 'एक बूंद भी तेल नहीं निकलेगा'; होर्मुज में तनाव के बीच ईरान की अमेरिका को सबसे बड़ी धमकीविजय ने 'वेट्री पयनम (Vetri Payanam scheme)' योजना की भी घोषणा की। ये महात्मा गांधी की जयंती यानी 2 अक्टूबर से महिलाओं और ट्रांसजेंडर यात्रियों के लिए मुफ्त बस यात्रा का दायरा काफी बढ़ा देगी। इस दौरान मुख्यमंत्री विजय ने परंदूर में प्रस्तावित ग्रीनफिल्ड एयरपोर्ट प्रोजेक्ट को रद्द करने की भी घोषणा की। ये घोषणाएं उन्होंने राज्य विधानसभा में अपने संबोधन के दौरान कीं।
Tamil Nadu: परंदूर हवाई अड्डे पर खत्म हुआ इंतजार, CM विजय ने प्रोजेक्ट छोड़ने का किया एलान; क्यों बदला फैसला?--Tamil Nadu CM Vijay Announces Abandonment of Parandur Airport Project
Tamil Nadu के मंत्री R Nirmal Kumar ने विधायकों को सरकारी कार देने के फैसले का बचाव किया
तमिलनाडु के मंत्री आर. निर्मल कुमार ने सभी विधायकों को सरकारी कार और उससे जुड़े भत्ते देने के राज्य सरकार के फैसले का रविवार को बचाव किया और कहा कि विपक्षी विधायक इन वाहनों को इसलिए ठुकरा रहे हैं, क्योंकि वे इसे “छोटा लक्ष्य” मानते हैं। मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय ने विधानसभा में घोषणा की थी कि प्रत्येक विधायक को सरकारी कार दी जाएगी। इसके अलावा ईंधन और रखरखाव के लिए हर महीने 75,000 रुपये तथा सहायक के खर्च के लिए 25,000 रुपये का भत्ता दिया जाएगा। ऊर्जा संसाधन एवं कानून मंत्री कुमार ने दावा किया, “जो लोग विधायक बनने के लिए 30 या 40 करोड़ रुपये खर्च कर चुके हैं, उनके लिए एक कार कोई बड़ी बात नहीं है। उनके लिए यह छोटा लक्ष्य है।”उन्होंने सभी 234 विधायकों को सरकारी वाहन और भत्ते देने के फैसले का बचाव किया। इससे सरकार पर करीब 200 करोड़ रुपये का अतिरिक्त खर्च आने का अनुमान है। अब तक द्रविड़ मुनेत्र कषगम (द्रमुक), पट्टाली मक्कल कच्ची (पीएमके) और भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (भाकपा) के विधायकों ने राज्य पर बढ़ते कर्ज का हवाला देते हुए सरकार की ओर से दिए जाने वाले वाहन और भत्ते लेने से इनकार किया है। कुमार ने कहा कि नवनिर्वाचित प्रतिनिधियों के लिए अपने विधानसभा क्षेत्रों का दौरा करने और लोगों की समस्याओं को सीधे समझने के लिए सरकारी वाहन जरूरी हैं। मुथंगुलम गांव में पत्रकारों से बातचीत में मंत्री ने सरकारी कारों का विरोध करने वाले विपक्षी नेताओं पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि कई मौजूदा और पूर्व विधायकों के पास कई निजी वाहन हैं, लेकिन वे दूरदराज के गांवों में शायद ही कभी जाते हैं। उन्होंने सवाल किया, “अगर कोई निर्वाचित प्रतिनिधि पांच या दस साल तक अपने क्षेत्र के किसी गांव में कदम ही नहीं रखता, तो उसके पास 10 या 15 निजी कारें होने का क्या फायदा है?”उन्होंने विपक्ष के इस आरोप को भी खारिज किया कि राज्य सरकार विपक्षी विधायकों और पूर्व मंत्रियों से बदला ले रही है। कुमार ने कहा, “लोगों ने उन्हें वोट न देकर पहले ही उनसे बदला ले लिया है। इसलिए उनके खिलाफ बदला लेने की कोई जरूरत नहीं है। अगर भ्रष्टाचार है या कोई गलत काम हुआ है तो निश्चित रूप से कार्रवाई की जाएगी।”उन्होंने कहा कि भ्रष्टाचार के मामलों और कानूनी कार्रवाई में ठोस सबूतों और अदालत के निर्देशों का सख्ती से पालन किया जाता है। मंत्री ने मुथंगुलम गांव के लिए नई सरकारी बस सेवा को रवाना करने के दौरान ये बातें कहीं। यह गांव तिरुप्पुवनम विधानसभा क्षेत्र में आता है। उन्होंने कहा कि सार्वजनिक परिवहन की कमी के कारण पहले 250 से अधिक परिवारों को गांव छोड़कर जाना पड़ा था। उन्होंने यह भी कहा कि सुरक्षा और आवागमन की समस्याओं के कारण कई छात्राओं ने आठवीं कक्षा के बाद पढ़ाई छोड़ दी थी। कुमार ने मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय के मदुरै के तत्काल दौरे की खबरों को भी खारिज किया। उन्होंने कहा कि विधानसभा का सत्र चल रहा है और मुख्यमंत्री के मदुरै दौरे का अभी कोई कार्यक्रम तय नहीं हुआ है।
Tamil Nadu: छात्र प्रदर्शन पर Circular जारी करने वाली संयुक्त निदेशक से मांगा स्पष्टीकरण
तमिलनाडु में डायरेक्टोरेट आफ कॉलेजिएट एजुकेशन ने शनिवार को संयुक्त निदेशक पी. सिंतिया सेल्वी से एक विवादित परिपत्र जारी करने के संबंध में स्पष्टीकरण मांगा। इस परिपत्र में पूर्व विभागीय मंजूरी के बिना राजनीतिक प्रदर्शनों में भाग लेने वाले छात्रों की जानकारी एकत्र करने का निर्देश दिया गया था। अधिकारियों ने यह जानकारी दी। इस बीच, मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी (माकपा) ने राज्य के सभी जिला मुख्यालयों और शैक्षणिक केंद्रों पर प्रदर्शन किए और आरोप लगाया कि सरकार निचले स्तर के अधिकारियों को ‘‘बलि का बकरा’’ बनाकर इस मुद्दे को दबाने की कोशिश कर रही है। सूत्रों ने बताया कि कॉलेजिएट एजुकेशन आयुक्त पी. पोनैया ने नोटिस जारी करके सेल्वी को एक सप्ताह के भीतर औपचारिक जवाब देने का निर्देश दिया है। उनसे स्पष्ट करने को कहा गया है कि राज्य संचालित संस्थानों को भेजा गया परिपत्र किन परिस्थितियों में तैयार और जारी किया गया।
DMK ने संगठन में किया बदलाव, MK Stalin की अगुवाई में तय हुई पदाधिकारियों की उम्र सीमा
इस वर्ष अप्रैल में हुए तमिलनाडु विधानसभा चुनाव में हार के बाद राज्य के मुख्य विपक्षी दल द्रमुक ने शनिवार को अपने संगठन में बड़े बदलाव की घोषणा की। इसके तहत पार्टी के पदों के लिए उम्र की सीमा तय करने के साथ ही कार्यकाल भी सीमित करने का फैसला किया गया है। द्रविड़ मुनेत्र कषगम (द्रमुक) के राज्य मुख्यालय अन्ना अरिवलयम में पार्टी अध्यक्ष एम.के. स्टालिन की अध्यक्षता में हुई कार्यकारी समिति की बैठक में संगठन के ढांचे में बड़े बदलाव लाने के लिए अहम प्रस्ताव पारित किए गए। इस नयी व्यवस्था के तहत द्रमुक अपने संगठनात्मक जिलों की संख्या 78 से बढ़ाकर 110 करेगी, जिनमें स्थानीय स्तर पर बेहतर प्रबंधन सुनिश्चित करने के लिए प्रत्येक जिले को व्यापक रूप से दो विधानसभा क्षेत्रों के अंतर्गत विभाजित किया जाएगा। कोयंबटूर और तांबरम जैसे बड़े शहरी केंद्रों में ‘शहर सचिव’ का अलग पद खत्म कर दिया गया है। इसके बजाय, शहरी क्षेत्रों का मतदाताओं की संख्या के आधार पर पुनर्गठन किया जाएगा। इसे भी पढ़ें: Tamil Nadu सरकार ने Gold Ring Scheme के लिए दो आभूषण कंपनियों को दिया कार्यादेश चेन्नई निगम क्षेत्र की प्रत्येक समिति में औसतन 40,000 मतदाता, जबकि अन्य निगमों में प्रत्येक समिति में औसतन 30,000 मतदाता होंगे। पार्टी के कामकाज को पेशेवर बनाने और नई पीढ़ी को आगे लाने के उद्देश्य से नेतृत्व ने उम्र की सख्त सीमा, सभी पदों के लिए अधिकतम दो कार्यकाल की अनिवार्यता और संगठनात्मक जिलों का व्यापक विस्तार किया है।
DMK मीटिंग में MK Stalin का CM Vijay पर हमला, TN विधानसभा को बनाया मूवी सेट
DMK अध्यक्ष एमके स्टालिन ने शनिवार को तमिलनाडु के मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय की राज्य विधानसभा में उनके व्यवहार के लिए आलोचना की। उन्होंने आरोप लगाया कि विजय सदन को किसी फ़िल्म के सेट की तरह इस्तेमाल कर रहे हैं और ज़ोरदार डायलॉग बोलने पर ज़्यादा ध्यान दे रहे हैं—यह शायद विजय के एक्टर होने की पृष्ठभूमि की ओर इशारा था। पार्टी की एक एग्जीक्यूटिव मीटिंग में बोलते हुए स्टालिन ने कहा कि मुख्यमंत्री का ज़्यादातर ध्यान DMK के कार्यकाल में शुरू की गई योजनाओं के नाम बदलने पर ही है। इसे भी पढ़ें: Tamil Nadu सरकार ने Gold Ring Scheme के लिए दो आभूषण कंपनियों को दिया कार्यादेश स्टालिन ने कहा कि मौजूदा मुख्यमंत्री हमारी शुरू की गई सभी योजनाओं के नाम बदलने में व्यस्त हैं। वह विधानसभा को सिनेमा के सेट की तरह इस्तेमाल कर रहे हैं और ज़ोरदार डायलॉग बोल रहे हैं। जहाँ तक हमारी बात है, हम जीतें या हारें, हम ऐसे लोग हैं जो हमेशा आम लोगों की रोज़मर्रा की ज़िंदगी से गहराई से जुड़े रहते हैं। बैठक के दौरान, DMK ने पार्टी में युवाओं की भागीदारी बढ़ाने के मकसद से कई प्रस्ताव पास किए और पार्टी के कई पदों के लिए तय कार्यकाल और उम्र सीमा लागू की। स्टालिन ने हालिया चुनावी हार को पार्टी के भविष्य की योजना बनाने के एक मौके के तौर पर देखा। उन्होंने कहा कि आइए इसे पार्टी के भविष्य की योजना बनाने के एक मौके के तौर पर देखें। यह पार्टी के इतिहास में एग्जीक्यूटिव कमेटी की एक बहुत अहम बैठक होने जा रही है। आपकी मंज़ूरी से, हम पार्टी के संगठनात्मक ढांचे में बड़े और अहम बदलाव करने जा रहे हैं। जवाबदेही पर ज़ोर देते हुए, स्टालिन ने माना कि पार्टी पदाधिकारियों के कामकाज का हार में योगदान था और गलतियों को खुलकर मानने की ज़रूरत पर ज़ोर दिया। उन्होंने अलग-अलग चुनाव क्षेत्रों की बारीकी से जांच करने और लोगों को बदलने के बजाय, व्यापक आत्म-मूल्यांकन करने के अपने नज़रिए के बारे में बताया। उन्होंने कहा, भले ही गलती किसी एक व्यक्ति ने की हो, लेकिन इसका नुकसान 75 साल पुरानी पार्टी को उठाना पड़ता है। हार के बाद कई कारण बताए जाते हैं। हर चुनाव क्षेत्र की अलग-अलग जांच करने, कमियों की पहचान करने और बस लोगों को बदलने के बजाय, मैंने तय किया कि हमें व्यापक आत्म-मूल्यांकन करने की ज़रूरत है। इसे भी पढ़ें: DK Shivakumar ने Mekedatu Dam पर तमिलनाडु और पुडुचेरी के हितों की रक्षा का दिया भरोसा इन प्रस्तावों में पार्टी के अलग-अलग पदों के लिए उम्र और कार्यकाल की सीमा तय की गई। ब्रांच कमेटी सेक्रेटरी के लिए ज़्यादा से ज़्यादा उम्र 45 साल और कार्यकाल ज़्यादा से ज़्यादा दो टर्म तय किया गया। वार्ड कमेटियों को मज़बूत करने के लिए चेन्नई, कोयंबटूर, मदुरै, तिरुचिरापल्ली और सलेम कॉरपोरेशन और ज़रूरत के हिसाब से दूसरी नगरपालिकाओं में ब्रांच कमेटियां बनाई जाएंगी। देशभर की राजनीति, ताज़ा घटनाओं और बड़ी खबरों से जुड़े रहने के लिए पढ़ें National News in Hindi केवल प्रभासाक्षी पर।
भारतीय जनता पार्टी (BJP) के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन ने शनिवार को नई दिल्ली स्थित पार्टी मुख्यालय में पार्टी के नवनियुक्त राष्ट्रीय पदाधिकारियों के साथ उच्च स्तरीय बैठक की अध्यक्षता की। इस बैठक का मुख्य उद्देश्य आगामी संगठनात्मक गतिविधियों की रूपरेखा तैयार करना, जमीनी स्तर की रणनीतियों को मजबूत बनाना और देश के युवाओं तक पार्टी की पहुंच को प्रभावी ढंग से बढ़ाना था। बैठक में उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, पंजाब, मणिपुर और गोवा में अगले वर्ष होने वाले आगामी विधानसभा चुनावों की तैयारियों और चुनावी रणनीति पर विस्तृत मंथन किया गया। इसके साथ ही केंद्र सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं और नीतियों को जन-जन तक पहुंचाने के लिए विशेष अभियान चलाने पर सहमति बनी। भाजपा अध्यक्ष नितिन नबीन के नेतृत्व में हाल ही में 65 सदस्यों वाली नई राष्ट्रीय टीम की घोषणा की गई थी, जिसमें अनुभव और युवा ऊर्जा का संतुलन देखा जा रहा है। इसे भी पढ़ें: Tamil Nadu सरकार ने Gold Ring Scheme के लिए दो आभूषण कंपनियों को दिया कार्यादेश नबीन, जो BJP के अब तक के सबसे युवा राष्ट्रीय अध्यक्ष हैं, BJP की राज्य इकाइयों के अध्यक्षों, राज्य प्रभारियों और BJP शासित राज्यों के मुख्यमंत्रियों के साथ भी और बैठकें करेंगे। यह घटनाक्रम BJP द्वारा नबीन की टीम की घोषणा के कुछ दिनों बाद हुआ है, जिसमें 65 पदाधिकारी शामिल हैं। इस टीम में 13 राष्ट्रीय उपाध्यक्ष हैं, जिनमें राजस्थान की पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे सिंधिया, उत्तराखंड के पूर्व मुख्यमंत्री तीरथ सिंह रावत और राम माधव शामिल हैं। इस फेरबदल के तहत, BJP ने कहा कि बीएल संतोष राष्ट्रीय महासचिव (संगठन) होंगे, जबकि शिवप्रकाश और सौदान सिंह राष्ट्रीय संयुक्त महासचिव (संगठन) होंगे। वहीं, विनोद तावड़े, सुनील बंसल, बिप्लब कुमार देब, स्मृति ईरानी, सतीश पूनिया, गजेंद्र पटेल, हरीश द्विवेदी और संजय भाटिया राष्ट्रीय महासचिव होंगे। दूसरी ओर, केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल को BJP का राष्ट्रीय कोषाध्यक्ष बनाया गया। BJP ने अमित मालवीय की जगह दीपक म्हास्के को अपने IT विभाग का प्रमुख भी नियुक्त किया है। वहीं, लोकसभा सदस्य तेजस्वी सूर्या की जगह हेमांग जोशी को BJP युवा मोर्चा का अध्यक्ष बनाया गया है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने X (पहले ट्विटर) पर नए पदाधिकारियों को बधाई देते हुए कहा, BJP के नवनियुक्त राष्ट्रीय पदाधिकारियों और पार्टी में विभिन्न जिम्मेदारियां पाने वाले सभी लोगों को बधाई। यह नई टीम संगठनात्मक अनुभव, ऊर्जा और ज़मीनी स्तर पर लोगों से जुड़ाव का संगम है। मुझे भरोसा है कि वे हमारी पार्टी को मज़बूत करने और जनसेवा पर ध्यान केंद्रित करने में अपना सर्वश्रेष्ठ योगदान देंगे। मेरी शुभकामनाएँ उनके साथ हैं। इसे भी पढ़ें: US- Canada में छिड़ी 'ट्रेड वॉर'! Donald Trump के 50% टैरिफ के आगे नहीं झुके कार्नी, बातचीत तोड़ 'ईंट का जवाब पत्थर से' देने का ऐलान! यह फेरबदल 2015 में तत्कालीन पार्टी अध्यक्ष अमित शाह के नेतृत्व में हुए इसी स्तर के पिछले संगठनात्मक बदलाव के एक दशक से भी ज़्यादा समय बाद हुआ है। इस बदलाव ने जल्द ही कैबिनेट में भी फेरबदल होने की अटकलों को हवा दे दी है।
Tamil Nadu सरकार ने Gold Ring Scheme के लिए दो आभूषण कंपनियों को दिया कार्यादेश
तमिलनाडु सरकार ने नवजात शिशुओं के लिए ‘थाई मामन स्वर्ण अंगूठी योजना’ के तहत सोने की अंगूठियां खरीदने के वास्ते दो आभूषण कंपनियों को कार्यादेश जारी किया है। सरकार ने यह जानकारी दी। यह योजना पूर्व मुख्यमंत्री सी. एन. अन्नादुरई की जयंती के अवसर पर 15 सितंबर को शुरू की जाएगी। सरकार ने शुक्रवार देर रात बताया कि तमिलनाडु चिकित्सा सेवा निगम (टीएनएमएससी) ने जून से सितंबर तक के लाभार्थियों के लिए आवश्यक सोने की 1,28,499 अंगूठियों की आपूर्ति के वास्ते जॉय अलुक्कास और कल्याण ज्वैलर्स को 70:30 के अनुपात में कार्यादेश जारी किए हैं। मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय ने अप्रैल में हुए विधानसभा चुनाव से पहले इस योजना की घोषणा की थी। इसका लाभ सरकारी अस्पतालों में पैदा हुए शिशुओं को मिलेगा ताकि सरकारी चिकित्सा संस्थानों में प्रसव को प्रोत्साहित किया जा सके। सरकार की ओर से जारी विज्ञप्ति में कहा गया, ‘‘एक ग्राम वजन की सोने की 4,41,667 अंगूठियां उपलब्ध कराने के शासकीय आदेश के बाद तमिलनाडु चिकित्सा सेवा निगम ने 14 जुलाई को निविदा जारी की थी। इसमें 11 कंपनियों ने हिस्सा लिया और ‘टीएन टेंडर्स’ पोर्टल के जरिए अपनी कीमतों का ब्योरा दिया।’’विज्ञप्ति के अनुसार, जॉय अलुक्कास ने एक ग्राम सोने की कीमत को छोड़कर प्रसंस्करण शुल्क, बीमा, परिवहन और भारतीय मानक ब्यूरो (बीआईएस) की मुहर लगाने सहित सभी अतिरिक्त शुल्क के लिए सबसे कम 0.01 रुपये की बोली लगाई। तमिलनाडु गैर-प्रकटीकरण समझौता अधिनियम और नियमों के तहत कल्याण ज्वैलर्स ने भी सबसे कम कीमत की बोली प्रस्तुत की। विज्ञप्ति में कहा गया कि योजना 15 सितंबर 2026 को शुरू की जानी है, इसलिए जून से चार महीने के दौरान लाभार्थियों को सोने की 1,28,499 अंगूठियां उपलब्ध कराने के लिए जॉय अलुक्कास और कल्याण ज्वैलर्स को 70:30 के अनुपात में कार्यादेश जारी किया गया है। सरकारी अस्पतालों में 22 जून 2026 से जन्म लेने वाले बच्चों को इस योजना का लाभ मिलेगा।
POCSO Court ने Tamil Nadu में 4 नाबालिगों के उत्पीड़न के मामले में उपदेशक को दी मौत की सजा
तिरुनेलवेली की एक विशेष पॉक्सो अदालत ने चार नाबालिग लड़कियों का यौन उत्पीड़न करने के जुर्म में 47 वर्षीय उपदेशक को चारों मामलों में फांसी की सजा सुनाई। उपदेशक एस. अब्राहम को तिरुनेलवेली की विशेष ‘यौन अपराध से बच्चों का संरक्षण’ (पॉक्सो) अदालत ने सजा सुनाई। आरोपी जिले में गंगाइकोंडन थेवरकुलम के पास मेला इलंथैकुलम में एक ईसाई प्रार्थना सभा संचालित करता था। अभियोजन पक्ष के अनुसार, पीड़ित लड़कियों की उम्र आठ, 12 और 13 वर्ष थी। आरोपी ने स्कूल की छुट्टियों के दौरान नैतिक शिक्षा और बाइबिल की कक्षाएं आयोजित करने के बहाने उन्हें अपने परिसर में बुलाया। अपराध को अंजाम देने के बाद उसने चारों लड़कियों को धमकी दी कि अगर उन्होंने घटना के बारे में किसी को बताया तो उन्हें गंभीर परिणाम भुगतने होंगे। बच्चियों के माता-पिता की ओर से तिरुनेलवेली ग्रामीण महिला पुलिस थाने में शिकायत दर्ज कराए जाने के बाद आरोपी को पांच जुलाई, 2022 को गिरफ्तार किया गया। मामले की सुनवाई बृहस्पतिवार को हुई, जिसके बाद विशेष अदालत के न्यायाधीश के. सुरेश कुमार ने आरोपी को ‘‘संदेह से परे दोषी’’ पाया और चारों मामलों में दोषी को मौत की सजा सुनाई, साथ ही उस पर कुल 52,000 रुपये का जुर्माना लगाया। उन्होंने कहा कि अब्राहम ने उन्हीं बच्चों को अपना शिकार बनाया जिनका मार्गदर्शन करने की जिम्मेदारी उस पर थी और उसने अपने कृत्य पर कोई वास्तविक पश्चाताप नहीं दिखाया। अदालत ने तमिलनाडु सरकार को आदेश दिया कि वह चारों बच्चियों को 10-10 लाख रुपये का मुआवजा दे।
Tamil Nadu CM Vijay ने क्या मंदिरों से दानपेटी हटाने वाले फैसला लिया, Insta Reels का पूरा सच। TVK
Tamil Nadu CM Vijay ने क्या मंदिरों से दानपेटी हटाने वाले फैसले लिया, Insta Reels का पूरा सच। TVK तमिलनाडु के मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय ने विधानसभा में कई बड़े ऐलान किए हैं
CM Vijay Thalapathy की सरकार ने महिलाओं और किसानों के लिए किए बड़े ऐलान। Tamil Nadu Assembly
तमिलनाडु के मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय ने विधानसभा में कई बड़े ऐलान किए हैं। मुख्यमंत्री व्यापक स्वास्थ्य बीमा योजना के तहत मिलने वाले सालाना स्वास्थ्य बीमा कवर को 5 लाख रुपये से बढ़ाकर 25 लाख रुपये करने की घोषणा की गई है
CM Thalapathy Vijay का फैसला, Vande Mataram से पहले Tamil Thai Valthu बजेगा। Tamil Nadu
CM Thalapathy Vijay का फैसला, Vande Mataram से पहले Tamil Thai Valthu बजेगा। Tamil Nadu
अभिनेत्री से नेता बनीं और भारतीय जनता पार्टी (BJP) की सांसद कंगना रनौत ने Gen Z (युवा पीढ़ी) पर अपनी हालिया टिप्पणियों को लेकर चौतरफा घिरने के बाद अपने रुख में बड़ा बदलाव किया है। जंतर-मंतर पर CJP विरोध प्रदर्शन को लेकर विवादित बयान देने के बाद आलोचनाओं का सामना कर रहीं कंगना ने अब युवाओं की जमकर तारीफ की है और उन्हें देश की सबसे बड़ी ताकत करार दिया है। ANI के अनुसार, कंगना ने इस बात को खारिज कर दिया कि विरोध प्रदर्शनों में शामिल लोगों का एक छोटा समूह पूरी पीढ़ी का प्रतिनिधित्व करता है। उन्होंने कहा, यह सच नहीं है कि विरोध प्रदर्शनों के दौरान गाली-गलौज करने वाले केवल 10-15 लोग ही Gen Z का प्रतिनिधित्व करते हैं। कंगना रनौत ने Gen Z पर अपना रुख बदला, उन्हें देश की 'सबसे बड़ी ताकत' बताया। उन्होंने आगे कहा, हमारी सरकार इतने लंबे समय से Gen Z के जनादेश के कारण सत्ता में है... यह सच नहीं है कि विरोध प्रदर्शनों के दौरान गाली-गलौज करने वाले केवल 10-15 लोग ही Gen Z का प्रतिनिधित्व करते हैं। आज, झारखंड में बैठकर विरोध प्रदर्शन कर रहे छात्र शांतिपूर्वक और जिम्मेदारी से व्यवहार कर रहे हैं। देश के कई युवा जो मेडल जीतकर लौटे हैं, उन्होंने उन्हें प्रधानमंत्री और देश को समर्पित किया है। इसे भी पढ़ें: Tamil Nadu CM Vijay Sanghita Divorce | विजय की पत्नी संगीता ने वापस ली तलाक की अर्जी, कोर्ट ने मामले को किया निपटाया उन्होंने कहा, कुछ ही लोग हैं जो Gen Z की छवि खराब कर रहे हैं। Gen Z हमारी सबसे बड़ी ताकत है, और हमें अपनी पीढ़ी पर गर्व है। Gen Z पर टिप्पणी को लेकर कंगना रनौत को ऑनलाइन आलोचना का सामना करना पड़ा। जानकारी के लिए बता दें कि 'तनु वेड्स मनु' की एक्ट्रेस ने हाल ही में CJP विरोध प्रदर्शन पर अपनी आपत्ति जताते हुए एक पोस्ट शेयर किया था, जिससे विवाद खड़ा हो गया था। इसके बाद उन्हें ऑनलाइन आलोचना का सामना करना पड़ा, जिसमें सोशल मीडिया यूज़र्स ने उनकी फिल्मों में निभाए गए कुछ किरदारों के क्लिप शेयर किए। कंगना ने आलोचना का जवाब देते हुए कहा कि लोग स्क्रीन पर उनके निभाए गए किरदारों की तुलना असल ज़िंदगी में युवाओं के व्यवहार से गलत तरीके से कर रहे थे। इसे भी पढ़ें: Instagram Username से पति का सरनेम हटाना चाहती हैं Akanksha Chamola, नियमों के कारण फंसा पेंच ऑनलाइन आलोचना तब शुरू हुई जब उन्होंने जंतर-मंतर पर हुए विरोध प्रदर्शन के वीडियो पर टिप्पणी की, जिसमें उन्होंने प्रदर्शनकारियों को गंदगी, कचरा और बदसूरती का प्रदर्शन बताया था। कंगना रनौत का हालिया काम काम की बात करें तो, कंगना रनौत हाल ही में मनोज तापड़िया द्वारा निर्देशित 'भारत भाग्य विधाता' में नज़र आई थीं। यह फिल्म, जो 12 जून, 2026 को सिनेमाघरों में रिलीज़ हुई थी, आखिरकार अपनी OTT रिलीज़ की तारीख पा चुकी है। यह फ़िल्म 14 अगस्त, 2026 से Zee5 प्लेटफ़ॉर्म पर रिलीज़ होगी। इसके बाद वह अपनी हिट फ़िल्म 'क्वीन' (जो 2014 में रिलीज़ हुई थी) के सीक्वल में नज़र आएँगी। Read LatestNational News in Hindi only on Prabhasakshi
तमिलनाडु के मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय और उनकी पत्नी संगीता के बीच चल रहे तलाक के बहुचर्चित कानूनी विवाद में एक नया मोड़ आया है। संगीता ने चेंगलपट्टू जिला अदालत में दाखिल अपनी तलाक की अर्जी वापस ले ली है। अर्जी वापस लिए जाने के बाद अदालत ने इस मामले का औपचारिक रूप से निपटारा कर दिया है। विजय और संगीता के तलाक के मामले से जुड़ी घटनाएँ संगीता ने फरवरी में तलाक के लिए अर्जी दाखिल की थी। अपनी अर्जी में उन्होंने आरोप लगाया कि विजय का एक महिला अभिनेत्री के साथ एक्स्ट्रा-मैरिटल अफेयर (विवाह-बाहर संबंध) था, जिसके बारे में उन्हें 2021 में पता चला। अर्जी में यह भी कहा गया कि विजय के यह भरोसा दिलाने के बावजूद कि वह रिश्ता खत्म कर देंगे, उन्होंने बिना किसी पछतावे के इसे जारी रखा। दस्तावेजों में यह भी आरोप लगाया गया कि विजय ने धीरे-धीरे संगीता को अपनी सामाजिक और पेशेवर ज़िंदगी से दूर कर दिया, जबकि वे उस अभिनेत्री के साथ विदेश यात्राएँ करते रहे और सार्वजनिक कार्यक्रमों में शामिल होते रहे। अर्जी में यह भी दावा किया गया कि इन मौकों की तस्वीरें सोशल मीडिया पर नियमित रूप से शेयर की जाती थीं, और विजय ने न तो उनसे इनकार किया और न ही उन पर कोई आपत्ति जताई। संगीता के अनुसार, इन पोस्ट्स की वजह से उन्हें और उनके दो बच्चों, जेसन संजय और दिव्या साशा को बार-बार शर्मिंदगी का सामना करना पड़ा। उन्होंने विजय पर उन्हें पहले मिलने वाली आर्थिक मदद और सुविधाओं को बंद करने और उन पर आर्थिक प्रतिबंध लगाने का भी आरोप लगाया, जिसमें उनकी घूमने-फिरने की आज़ादी पर रोक लगाना भी शामिल था। संगीता ने आगे आरोप लगाया कि विजय के लगातार व्यवहार और 2024 में सोशल मीडिया पर सामने आए विवादों के कारण उन्हें गहरा मानसिक आघात पहुँचा। उन्होंने दावा किया कि उनकी शादी असल में टूट चुकी थी और सिर्फ़ कागज़ों पर ही बची थी। अपनी अर्जी में उन्होंने कहा कि रिश्ता अब सुधरने लायक नहीं रहा और इससे उन्हें मानसिक पीड़ा, अपमान, शर्मिंदगी और तकलीफ़ के अलावा कुछ नहीं मिला। तलाक की अर्जी तमिलनाडु विधानसभा चुनाव से पहले दाखिल की गई थी। हालाँकि, चुनाव जीतने और मुख्यमंत्री बनने के बाद विजय की पत्नी संगीता ने अर्जी वापस लेने का फ़ैसला किया। विजय और संगीता के तलाक के मामले के बारे में और जानकारी जून 2026 में, चेंगलपट्टू परिवार कल्याण अदालत ने विजय और संगीता के तलाक के मामले की सुनवाई की। सुनवाई के बाद, अदालत ने मामले को 7 अगस्त तक के लिए टाल दिया था। सुनवाई से पहले के हफ़्तों में, ऐसी खबरें आई थीं कि शायद यह जोड़ा सुलह की ओर बढ़ रहा है। इस बात पर भी अटकलें लगाई जा रही थीं कि वे कोर्ट में वर्चुअली पेश होंगे या खुद आएंगे। संगीता ने पारिवारिक घर में रहना जारी रखने की मांग की इस साल की शुरुआत में, संगीता ने चेंगलपट्टू की ज़िला अदालत में एक अर्ज़ी दायर की। इसमें उन्होंने चेन्नई के नीलांकरई में मौजूद अपने पारिवारिक घर में तब तक रहने की इजाज़त मांगी, जब तक कि तलाक की कार्यवाही पूरी न हो जाए। 22 फरवरी को दी गई यह अर्ज़ी, स्पेशल मैरिज एक्ट, 1954 के तहत दायर उनकी मुख्य तलाक की याचिका का हिस्सा थी। शादी खत्म करने की मांग के साथ-साथ, उन्होंने स्थायी गुजारा-भत्ता (एलिमनी) और नीलांकरई वाले घर में तब तक रहने का अधिकार भी मांगा, जब तक कि मामले का फैसला न हो जाए या उन्हें उसी स्तर का कोई दूसरा घर न मिल जाए। इसे भी पढ़ें: Instagram Username से पति का सरनेम हटाना चाहती हैं Akanksha Chamola, नियमों के कारण फंसा पेंच अपनी अर्ज़ी में संगीता ने कहा कि उनकी और विजय की शादी को 26 साल हो चुके हैं और उन्होंने अपना जीवन घर संभालने और अपने दो बच्चों - 25 साल के जेसन संजय और 20 साल की दिव्या साशा - की परवरिश में लगाया है। उन्होंने तर्क दिया कि शादी के दौरान वे विजय की जीवनशैली के हिसाब से रहीं और उनके पास ऐसा कोई दूसरा घर नहीं है जो उस जीवनशैली के स्तर का हो। याचिका में विजय की एक प्रमुख तमिल अभिनेता और भारत के चुनाव आयोग द्वारा मान्यता प्राप्त राजनीतिक पार्टी 'तमिलगा वेट्री कज़गम' (TVK) के संस्थापक के तौर पर उनकी सार्वजनिक पहचान का भी ज़िक्र किया गया। संगीता के अनुसार, कोर्ट जाने से पहले उन्होंने मामले को आपसी सहमति से सुलझाने की कोशिश की थी, लेकिन वे कोशिशें नाकाम रहीं। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि विजय के वकील ने उन्हें बताया कि अगर वे तलाक के लिए आगे बढ़ती हैं, तो उन्हें नीलांकरई वाले घर में रहने की इजाज़त नहीं दी जाएगी, जिससे उन्हें अपना घर खोने की चिंता सताने लगी। इसे भी पढ़ें: The Odyssey India Box Office | क्रिस्टोफर नोलन की 'द ओडिसी' का जलवा कायम! तीसरे हफ्ते में बटोरे ₹29 करोड़, जल्द पार करेगी ₹200 करोड़ का आंकड़ा बायोमेडिकल साइंस में डिग्री रखने वालीं और यूके की नागरिक संगीता ने कहा कि फिलहाल उनके पास रहने के लिए कोई उपयुक्त वैकल्पिक जगह नहीं है। इसलिए, उन्होंने एक अंतरिम आदेश की मांग की ताकि वे कोर्ट का अंतिम फैसला आने तक सभी मौजूदा सुविधाओं के साथ नीलांकरई वाले घर में रह सकें। यह घर विजय के सार्वजनिक और राजनीतिक जीवन से गहराई से जुड़ा होने के कारण भी महत्वपूर्ण है। विजय अभी तमिलनाडु के मुख्यमंत्री हैं। शपथ ग्रहण समारोह के दौरान उनकी अक्सर साथ काम करने वालीं को-स्टार त्रिशा कृष्णन भावुक नज़र आईं। Entertainment News Hindi Todayonly at Prabhasakshi

