अरनोद क्षेत्र में सर्राफा व्यापारियों को झूठे और निराधार आरोपों से परेशान किए जाने का मामला सामने आया है। व्यापारियों का आरोप है कि सोना-चांदी के भावों में लगातार बढ़ोतरी के बीच कुछ असामाजिक तत्व व्यापारियों पर गहने गिरवी रखने जैसे बेबुनियाद आरोप लगाकर दबाव बना रहे हैं। इन आरोपों के कारण व्यापारियों में भय का माहौल है और उनका व्यापार भी प्रभावित हो रहा है। इस स्थिति के विरोध में सर्राफा एसोसिएशन और विभिन्न व्यापारी संगठनों के पदाधिकारियों ने अरनोद तहसीलदार और थाना अधिकारी को एक ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में बताया गया कि व्यापारी पूरी तरह से नियमों और कानून के तहत अपना व्यवसाय कर रहे हैं। इसके बावजूद, झूठी शिकायतों के माध्यम से उनकी सामाजिक छवि को धूमिल किया जा रहा है। व्यापारियों ने प्रशासन से मांग की है कि झूठे आरोप लगाने वालों की पहचान कर उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए।
बिजनौर के मंडावर थाना क्षेत्र में एक 24 वर्षीय महिला की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। परिजनों ने पति और ससुराल वालों पर दहेज के लिए हत्या का आरोप लगाया है। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजकर मामले की जांच शुरू कर दी है। मृतका की पहचान मोहम्मदपुर देवमल गांव निवासी अभिषेक की पत्नी दामनी राठी (24) के रूप में हुई है। शनिवार को दामनी की संदिग्ध हालत में मौत हो गई। मृतका के परिजनों ने पुलिस को तहरीर देकर आरोप लगाया है कि दहेज की मांग पूरी न होने पर पति और ससुराल वालों ने फांसी लगाकर उनकी बेटी की हत्या कर दी। दामनी के पिता हरवीर, जो किरतपुर के निवासी हैं, ने पुलिस को बताया कि उन्होंने 17 जनवरी 2024 को अपनी बेटी की शादी अभिषेक से की थी। शादी में उन्होंने अपनी हैसियत के अनुसार दहेज में काफी सामान और एक स्विफ्ट गाड़ी दी थी। हालांकि, शादी के बाद से ही पति और ससुराल वाले एक स्कॉर्पियो गाड़ी और 5 लाख रुपये नकद की अतिरिक्त मांग कर रहे थे। हरवीर का आरोप है कि दहेज की यह मांग पूरी न होने पर उनकी बेटी की हत्या कर दी गई। उन्होंने पुलिस से इस मामले में कड़ी कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है। सीओ सिटी संग्राम सिंह ने बताया कि एक महिला के फांसी लगाकर आत्महत्या करने की सूचना मिली थी। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। परिजनों की तहरीर के आधार पर संबंधित धाराओं में मामला दर्ज कर जांच की जा रही है। कानूनी कार्रवाई जारी है।
दिल्ली, मुंबई, चेन्नई और हैदराबाद सहित देश के कई बड़े शहरों में वीगन समूहों की ओर से डेयरी उद्योग के विरोध में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। यह आयोजन किसी एक संस्था या संगठन के बैनर तले नहीं, बल्कि अलग-अलग शहरों के वीगन लोगों की सामूहिक पहल से किया जा रहा है। कोई संस्था नहीं, आपसी समन्वय से आयोजनवीगन समूह के लोगों ने बताया कि यह कार्यक्रम किसी पंजीकृत संस्था द्वारा आयोजित नहीं किया जा रहा है। अलग-अलग शहरों में रहने वाले वीगन लोग एक-दूसरे के संपर्क में हैं और टीम बनाकर काम कर रहे हैं। किसी ने प्रशासन से अनुमति ली, किसी ने मीडिया से संपर्क किया, तो किसी ने पोस्टर, बैनर और अन्य सामग्री की व्यवस्था संभाली। डेयरी उद्योग से जुड़ी समस्याओं को उठाने का दावावीगन समूह के लोगों का कहना है कि डेयरी उद्योग में दूध उत्पादन के लिए कृत्रिम गर्भाधान के माध्यम से बड़ी संख्या में गायों को पैदा किया जाता है। जब गाय दूध देना बंद कर देती हैं, तो उनके संरक्षण की समुचित व्यवस्था नहीं हो पाती। इसके चलते कई गायें सड़कों पर आ जाती हैं या फिर अवैध रूप से कटने के लिए ले जाई जाती हैं। उनका कहना है कि अगर दूध की मांग कम हो या लोग डेयरी उत्पाद छोड़ें, तो इस समस्या पर प्रभावी नियंत्रण संभव है। प्रतीकात्मक और शांतिपूर्ण प्रदर्शनवीगन समूह के लोगों ने स्पष्ट किया कि कार्यक्रम पूरी तरह शांतिपूर्ण रहेगा। किसी भी तरह की आपत्तिजनक या वास्तविक अवशेषों से जुड़ी सामग्री का उपयोग नहीं किया जाएगा। सभी प्रॉप्स हाथ से बनाए गए प्रतीकात्मक मॉडल होंगे, ताकि किसी तरह की कानून-व्यवस्था की स्थिति न बने। भोपाल में बोर्ड क्लब पर कार्यक्रम भोपाल में यह जागरूकता कार्यक्रम दोपहर 2:30 बजे बोर्ड क्लब पर शुरू होगा। कार्यक्रम शाम तक चलेगा। इसके लिए प्रशासन से अनुमति ली जा चुकी है और पुलिस को भी जानकारी दी गई है।
कोरबा पुलिस ने सजग कोरबा, सतर्क कोरबा अभियान के तहत स्कूल-कॉलेजों के आसपास सघन कार्रवाई की है। इस दौरान तंबाकू उत्पाद बेचने वाली दुकानों पर चालान किए गए और अवैध गतिविधियों पर अंकुश लगाया गया। यह कार्रवाई नार्को कोऑर्डिनेशन सेंटर (एनसीओआरडी) की बैठक में कलेक्टर के निर्देशों के बाद की गई। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी के निर्देश पर एक संयुक्त टीम बनाई गई। इसमें डीएसपी प्रतिभा मरकाम, रामपुर थाना के दो आरक्षक, नगर निगम से मनहरण नेताम, शिक्षा विभाग से एचआर. मिरेन्द्र, श्रम विभाग से श्रम निरीक्षक सरस्वती बंजारे, खाद्य एवं औषधि विभाग से औषधि निरीक्षक सुनील कुमार साण्डे, और स्वास्थ्य विभाग से जिला सलाहकार (एनटीसीपी) डॉ. मानसी जायसवाल व सोशल वर्कर संतोष कुमार केवट शामिल थे। टीम ने बुधवारी बाजार स्थित सरस्वती शिशु मंदिर के 100 गज के दायरे में आने वाली 5 तंबाकू उत्पाद बेचने वाली दुकानों पर कोटपा अधिनियम की धारा 4 और धारा 6(अ), 6(ब) के उल्लंघन में चालानी कार्रवाई की। कार्रवाई में वसूला गया र्माना इस कार्रवाई में कुल 1750 रुपए का जुर्माना वसूला गया। टीम ने उपस्थित लोगों को कोटपा अधिनियम 2003 के बारे में जानकारी दी और तंबाकू सेवन से होने वाले दुष्प्रभावों के बारे में बताया। साथ ही, सभी तंबाकू उत्पाद बेचने वाली दुकानों पर धारा 6 (अ) का पोस्टर चस्पा किया गया और दुकान संचालकों को 18 साल से कम उम्र के बच्चों को तंबाकू उत्पाद न बेचने की हिदायत दी गई। सजग कोरबा, सतर्क कोरबा अभियान का उद्देश्य अपराधों पर प्रभावी नियंत्रण स्थापित करना और अवैध गतिविधियों पर सख्त अंकुश लगाना है। इसके तहत जिले के सभी थाना/चौकी प्रभारियों को स्कूल एवं कॉलेजों के आसपास विशेष पेट्रोलिंग और सतर्कता बढ़ाने के निर्देश दिए गए थे। थाना सिविल लाइन रामपुर क्षेत्र के अंतर्गत विद्यालयों और महाविद्यालयों के आसपास अड्डेबाजी, अनुशासनहीनता और नियमों के उल्लंघन की गतिविधियों पर विशेष निगरानी रखी गई। आदतन रूप से ऐसी गतिविधियों में लिप्त पाए गए व्यक्तियों के विरुद्ध विभिन्न अधिनियमों के तहत वैधानिक कार्रवाई की गई, ताकि शैक्षणिक वातावरण को सुरक्षित और अनुशासित बनाया जा सके। अभियान के तहत 6 प्रकरणों में कार्रवाई अभियान के तहत कोटपा एक्ट के तहत कुल 6 प्रकरणों में कार्रवाई की गई। इसके अतिरिक्त, मोटर व्हीकल एक्ट (एम.वी. एक्ट) के तहत 2 प्रकरणों में चालानी कार्रवाई की गई। ब्लू बर्ड स्कूल के समीप तंबाकूजन्य सामग्री बेचते पाए जाने पर एक ठेले को भी बंद कराया गया।
मुरादाबाद में पार्क के कब्जे को लेकर विवाद:महिलाओं से की मारपीट,लोगों ने की कार्रवाई की मांग
मुरादाबाद के मझोला थाना क्षेत्र में बुद्धि विहार स्थित देवकीनंदन वाटिका पार्क पर अवैध कब्जे और बुजुर्ग महिलाओं से मारपीट का मामला सामने आया है। इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। आरोप है कि कुछ दबंगों ने इस सार्वजनिक पार्क पर ताला लगाकर कब्जा कर लिया था। वे आम नागरिकों को पार्क में बैठने और घूमने से रोक रहे थे। स्थानीय लोगों का कहना है कि यह पार्क मोहल्ले के बुजुर्गों, महिलाओं और बच्चों के लिए रोजाना टहलने व आराम करने का स्थान है। जब कुछ बुजुर्ग महिलाओं ने पार्क को आम जनता के लिए खोलने की मांग करते हुए इसका विरोध किया, तो कथित तौर पर दबंगों ने उनके साथ मारपीट की। आरोप है कि एक युवक ने महिलाओं को लात-घूंसे मारे। इस घटना का वीडियो किसी व्यक्ति ने मोबाइल में रिकॉर्ड कर लिया, जो अब सोशल मीडिया पर वायरल है। वीडियो सामने आने के बाद लोगों में रोष है और दबंगों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की जा रही है। मारपीट में घायल एक बुजुर्ग महिला को जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उनका इलाज चल रहा है और हालत स्थिर बताई जा रही है। थाना प्रभारी रविन्द्र सिंह ने बताया कि पार्क में बैठने को लेकर दो पक्षों के बीच विवाद हुआ था। पीड़िता कलावती पत्नी स्वर्गीय कुंवर सिंह निवासी मझोला की शिकायत पर निशांत और योगेश के खिलाफ धारा 151 के तहत कार्रवाई की गई है। पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है और वायरल वीडियो के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। स्थानीय नागरिकों ने प्रशासन से मांग की है कि सार्वजनिक पार्कों पर किसी भी प्रकार का कब्जा न होने दिया जाए और दोषियों के खिलाफ सख्त कदम उठाए जाएं।
सीकर के पिपराली गांव में अचानक पहुंचे पंचायती राज मंत्री मदन दिलावर ने चारों तरफ गंदगी देखकर BDO को फटकार लगाई। मंत्री दिलावर ने ग्रामीणों से सफाई को लेकर बात की तो ग्रामीणों ने कहा कि ना ही सफाईकर्मी झाड़ू लगाते हैं और ना ही यहां कचरा लेने वाली गाड़ी आती है। ग्रामीणों को अपने स्तर पर ही व्यवस्था करनी पड़ती है। इस पर मंत्री दिलावर ने BDO को फटकार लगाते हुए कहा कि ग्रामीण पागल हैं क्या, जो रोज सफाई के लिए हल्ला करते हैं? हुआ यूं कि राजस्थान के शिक्षा व पंचायती राज मंत्री मदन दिलावर शनिवार को जयपुर से नवलगढ़ होकर झुंझुनूं जा रहे थे। इसी बीच मंत्री मदन दिलावर सीकर जिले के पिपराली ब्लॉक में सफाई व्यवस्थाओं का निरीक्षण करने पहुंच गए। सीकर जिले में स्वच्छता के औचक निरीक्षण में ग्राम पंचायतों की सफाई व्यवस्था की वास्तविक तस्वीर सामने आ गई। पिपराली पंचायत समिति क्षेत्र में गंदगी, कचरे के ढेर और ग्रामीणों की शिकायतों के बाद मंत्री दिलावर ने जिला परिषद सीईओ राजपाल सिंह यादव समेत अन्य अधिकारियों को जमकर फटकार लगाई। इसी बीच मंत्री दिलावर ने लापरवाही को लेकर जांच और रिकवरी के निर्देश दे डाले। शनिवार सुबह से ही मंत्री मदन दिलावर सीकर जिले की विभिन्न ग्राम पंचायतों के स्वच्छता निरीक्षण पर निकले। निरीक्षण के दौरान जब उन्होंने ग्रामीणों से हर घर कचरा संग्रहण और रेगुलर सफाई के बारे में पूछा, तो पंचायतों की पोल खुल गई। ग्रामीणों ने साफ कहा कि गांवों में ना तो कचरा लेने वाली गाड़ी आती है और ना ही सफाईकर्मी गंदगी साफ करते हैं। मजबूरी में ग्रामीणों को खुद ही नालियों और सड़कों की सफाई करनी पड़ती है। पिपराली पंचायत समिति मुख्यालय पर पॉलीथिन और कचरे के ढेर मिलने पर मंत्री दिलावर ने कार्यवाहक BDO जरनैल सिंह को मौके पर ही कड़ी फटकार लगाई। ग्रामीणों ने मंत्री को सड़कों पर झाड़ू लगाकर वास्तविक स्थिति दिखाई। इस पर मंत्री ने अधिकारियों से पूछा कि जब पिपराली पंचायत में स्वच्छता के लिए हर महीने करीब 2 लाख रुपए खर्च किए जा रहे हैं, तो फिर सफाई क्यों नहीं हो रही? इसे गंभीर लापरवाही मानते हुए मंत्री ने सीकर जिला परिषद के सीईओ को स्वच्छता कार्यों की जांच करवाने और राशि की रिकवरी के निर्देश दिए। इसके बाद मंत्री दिलावर सिंहासन ग्राम पंचायत पहुंचे, जहां ग्रामीणों ने वर्षों से सड़क पर कीचड़ और गंदगी की शिकायत की। मंत्री दिलावर ने प्रशासक को पाबंद करते हुए ग्राम विकास अधिकारी को तुरंत समस्या समाधान के निर्देश दिए। पिपराली ब्लॉक की पिपराली, सिंहासन और दादिया ग्राम पंचायतों में साफ-सफाई की शिकायतों पर मंत्री दिलावर ने गहरी नाराजगी जताई। उन्होंने जिला परिषद के अधिकारियों को तुरंत प्रभाव से साफ-सफाई शुरू करवाने और नियमित निगरानी के निर्देश दिए। साथ ही स्वच्छता अभियान में लापरवाही बरतने वाले कार्मिकों के विरूद्ध कार्रवाई करने के निर्देश दिए।
राजधानी रायपुर में पुलिस ने ऑनलाइन क्रिकेट सट्टा चलाने वाले बड़े गिरोह का पर्दाफाश किया है। गंज थाना पुलिस ने मुखबिर की सूचना पर 31 जनवरी 2026 की रात नागोराव गली अंडरब्रिज के पास से 6 आरोपियों को गिरफ्तार किया। उनके कब्जे से 37.50 लाख रुपए कैश, 10 मोबाइल और तीन लग्जरी कारें बरामद की गईं। जब्त संपत्ति की कुल कीमत करीब 92.50 लाख रुपए बताई जा रही है। दरअसल, गंज थाना पुलिस को सूचना मिली थी कि महिंद्रा थार और नेक्सा एक्सएल कार में बैठे लोग मोबाइल के जरिए ऑनलाइन क्रिकेट सट्टा खेला रहे हैं। सूचना की तस्दीक के बाद टीम ने मौके पर घेराबंदी की और दो कारों में 6 आरोपियों को गिरफ्तार किया। जिसमें रखब देव पाहुजा, पीयूष जैन, जितेन्द्र कुमार कृपलानी उर्फ जित्तू, दीपक अग्रवाल, कमल राघवानी और सचिन जैन के नाम शामिल हैं। तलाशी में भारी मात्रा में कैश और मोबाइल बरामद तलाशी के दौरान पुलिस ने लाखों रुपए कैश और मोबाइल बरामद किए। कुल मिलाकर 37.50 लाख रुपए कैश, 10 मोबाइल, 2 महिंद्रा थार और 1 नेक्सा एक्सएल कार जब्त की गई। जांच में सामने आया कि आरोपियों ने jmdbet777.com और Classic777.com जैसी वेबसाइटों के जरिए मास्टर आईडी बनाकर ऑनलाइन क्रिकेट सट्टा खेला और खिलाया। वैध दस्तावेज पेश नहीं कर सके। इन धाराओं के तहत की गई कार्रवाई गंज थाना पुलिस ने सभी आरोपियों के खिलाफ छत्तीसगढ़ जुआ (प्रतिषेध) अधिनियम 2022 की धारा 7 और भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 112(2) के तहत मामला दर्ज किया है। पूरी कार्रवाई की वीडियोग्राफी भी की गई। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि ऑनलाइन सट्टा नेटवर्क की आगे भी जांच जारी है। आरोपियों के संपर्क और डिजिटल लेन-देन की जानकारी खंगाली जा रही है। आने वाले दिनों में और खुलासे होने की संभावना है।
झांसी में आवास विकास परिषद की आवासीय योजना के तहत भूमि अधिग्रहण का विरोध कर रहे किसानों ने शनिवार को आत्मदाह करने की कोशिश की। गनीमत रही कि मौके पर मौजूद पुलिस ने समय रहते तीन किसानों को रोक लिया, जिससे बड़ा हादसा टल गया। किसानों का आरोप है कि उनकी जमीनें कौड़ियों के दाम अधिग्रहित कर भू-माफियाओं को फायदा पहुंचाने की तैयारी की जा रही है। आवास विकास परिषद झांसी के कोंछाभवर, टाकोरी, मुस्तरा और पिछोर गांवों में आवासीय सोसायटी विकसित करने की योजना ला रही है, जिसके लिए किसानों और जमीन मालिकों की भूमि अधिग्रहण प्रक्रिया चल रही है।भूमि स्वामियों की आपत्तियां दर्ज करने के लिए लखनऊ से परिषद के अधिकारी झांसी पहुंचे थे। शनिवार को आपत्तियां दर्ज कराने का अंतिम दिन था। इस दौरान जब किसान अपनी बात रख रहे थे, तभी अधिकारियों ने बीच में ही दूसरे व्यक्ति को बोलने के लिए कह दिया। इससे नाराज़ किसान पहले दीनदयाल उपाध्याय सभागार में अधिकारियों के सामने धरने पर बैठ गए। स्थिति तब बिगड़ गई जब पुलिस द्वारा किसानों को हटाने की कोशिश की गई। इसी दौरान तीन किसानों ने अपने ऊपर केरोसिन डालकर आत्मदाह का प्रयास किया, जिससे सभागार में अफरा-तफरी मच गई। मौके पर मौजूद पुलिस ने तत्काल हस्तक्षेप कर किसानों को रोक लिया। बाद में उन्हें थाने ले जाकर पूछताछ की गई और छोड़ दिया गया।इस मामले में एडीएम प्रशासन वरुण पाण्डेय ने कहा कि किसी की भी जमीन जबरन नहीं ली जा रही है। कुछ किसानों को गलतफहमी हो गई थी, जिसके चलते उन्होंने आत्मदाह का प्रयास किया। फिलहाल स्थिति पूरी तरह सामान्य है।
संगम तट पर आयोजित सांस्कृतिक संध्या में 'कैकेयी वरदान' नाटक का मंचन किया गया। 'द थर्ड बेल' संस्था के कलाकारों ने रामायण के इस मर्मस्पर्शी प्रसंग को जीवंत किया, जिससे दर्शक भावुक हो गए। नाटक की शुरुआत प्रभु श्रीराम के राज्याभिषेक की तैयारियों से हुई। पूरी अयोध्या नगरी में उत्सव का माहौल था, लेकिन राजभवन में दासी मंथरा ने रानी कैकेयी को भरत के भविष्य का डर दिखाकर राजा दशरथ से दो पुराने वरदान मांगने के लिए उकसाया। ऋतिका अवस्थी ने रानी कैकेयी के अंतर्द्वंद्व और कठोर हठ को सशक्त तरीके से प्रस्तुत किया। अतुल कुशवाहा ने राजा दशरथ की विवशता और पीड़ा को मार्मिक अभिनय से दर्शाया, जिससे दर्शकों की आंखें नम हो गईं। शिवांक द्विवेदी ने मर्यादा पुरुषोत्तम श्रीराम के पात्र में धैर्य और गरिमा का प्रदर्शन किया। उन्होंने पिता के वचन के लिए सहर्ष राजपाट त्यागने के प्रसंग को प्रभावी ढंग से निभाया। आलोक नायर के निर्देशन में हुए इस नाट्य मंचन ने दर्शकों को त्रेता युग की याद दिला दी। कलाकारों ने अपनी संवाद अदायगी और भावों से रामायण के उस निर्णायक मोड़ को मंच पर जीवंत कर दिया, जहाँ से राम के वनवास और रावण वध की नींव पड़ी। कार्यक्रम के अंत में केंद्र निदेशक सुदेश शर्मा ने कलाकारों की प्रस्तुति की सराहना की।
केंद्र सरकार के सड़क और परिवहन मंत्री नितिन गडकरी ने आजमगढ़ जिले को 15 किलोमीटर लंबाई वाली फोरलेन सड़क की सौगात दी है। इस बात की पुष्टि केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट के माध्यम से की है। केंद्रीय मंत्री द्वारा दी गई सौगात से जिले में जाम की समस्या से निजात मिलेगी। यह रिंग रोड लगभग दो दर्जन गांव से होकर गुजरेगा जो मुबारकपुर के पास जुड़ेगा। उत्तर प्रदेश के आज़मगढ़ शहर में 15 किमी लंबाई वाले 4-लेन दक्षिण-पूर्व बाईपास के निर्माण के लिए 1279.13 करोड़ रुपए की लागत के साथ स्वीकृति दी गई है। इस परियोजना में 1 फ्लाईओवर, 2 इंटरचेंज, सर्विस रोड और दोनों तरफ स्लिप रोड शामिल हैं। यह बाईपास एक लगातार रिंग-रोड बनाकर आज़मगढ़ के क्षेत्रीय सड़क नेटवर्क में महत्वपूर्ण लिंक को पूरा करेगा। ट्रैफिक कनेक्टिविटी में होगा सुधार केंद्रीय सड़क परिवहन मंत्री नितिन गडकरी ने आजमगढ़ जिले को यह सौगात देते हुए कहा है कि यह पश्चिमी तरफ राष्ट्रीय राजमार्ग-28 और पूर्वी तरफ राष्ट्रीय राजमार्ग-128B और पूर्वांचल एक्सप्रेसवे के बीच बिना रुकावट कनेक्टिविटी प्रदान करेगा। इस परियोजना से क्षेत्रीय ट्रैफिक आवाजाही में काफी सुधार आएगा और आज़मगढ़ शहर के अंदर भीड़भाड़ कम होगी। निश्चित रूप से केंद्रीय मंत्री की इस पहल से आजमगढ़ की जनता को लाभ मिलेगा।
मेरठ में रोडवेज बस ने युवक को कुचला:भैसाली बस अड्डे के पास हादसा, मौके पर मौत, पहचान नहीं
मेरठ के सदर बाजार थाना क्षेत्र में दिल्ली रोड स्थित भैसाली बस अड्डा के पास शनिवार दोपहर एक सड़क हादसा हुआ। उत्तर प्रदेश राज्य सड़क परिवहन निगम (रोडवेज) की कौशांबी डिपो की बस ने पैदल सड़क पार कर रहे एक युवक को कुचल दिया। इस हादसे में युवक की मौके पर ही मौत हो गई। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, बस का अगला पहिया युवक के सिर के ऊपर से गुजर गया। घटना के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई और राहगीरों की भीड़ जमा हो गई। बताया गया कि बस तेज रफ्तार में थी, जिससे युवक को संभलने का मौका नहीं मिला। मृतक की उम्र करीब 30 वर्ष बताई जा रही है, लेकिन उसकी पहचान अब तक नहीं हो सकी है। पुलिस को उसकी जेब से कोई आधार कार्ड, मोबाइल या अन्य पहचान पत्र नहीं मिला। पुलिस आसपास के थानों और गुमशुदगी की रिपोर्टों से मिलान कर मृतक की पहचान कराने का प्रयास कर रही है, ताकि उसके परिजनों को सूचना दी जा सके। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। हादसे के बाद बस चालक वाहन को मौके पर छोड़कर फरार हो गया। पुलिस ने रोडवेज बस को कब्जे में ले लिया है और चालक की तलाश शुरू कर दी है।
सिद्धार्थनगर जनपद में आयोजित कपिलवस्तु महोत्सव के चौथे दिन शनिवार को बीएससी ग्राउंड में भारी भीड़ उमड़ी। सुबह से दोपहर तक महोत्सव स्थल पर लोगों की चहल-पहल बनी रही, जहां परिवारों ने उत्सव का भरपूर आनंद लिया। महोत्सव में प्रदेश के विभिन्न जिलों से आए दुकानदारों ने अपनी दुकानें लगाई हैं। कपड़े, रेडीमेड गारमेंट्स, साड़ियां, ज्वेलरी, कॉस्मेटिक्स, खिलौने, घरेलू उपयोग की वस्तुएं और पारंपरिक उत्पादों की दुकानों पर खरीदारों की भीड़ देखी गई। महिलाएं खरीदारी में व्यस्त रहीं, जबकि बच्चों ने खिलौनों और फैंसी सामान में विशेष रुचि दिखाई। बीएससी ग्राउंड में लगे बड़े-बड़े झूले बच्चों और युवाओं के लिए मुख्य आकर्षण का केंद्र बने हुए हैं। दिनभर झूलों पर लोगों की कतारें लगी रहीं। ब्रेक डांस, चकरी और नाव झूले जैसे मनोरंजन के साधनों का बच्चों ने खूब लुत्फ उठाया, जिससे महोत्सव का माहौल और जीवंत हो उठा। खरीदारी और मनोरंजन के साथ-साथ खाने-पीने की भी बेहतर व्यवस्था की गई है। महोत्सव परिसर में एक अलग फूड जोन बनाया गया है, जहाँ चाट, गोलगप्पे, टिक्की, मोमोज, चाउमीन, पिज्जा, बर्गर, देसी व्यंजन, मिठाइयां और आइसक्रीम सहित कई तरह के खाद्य पदार्थ उपलब्ध हैं। दोपहर के समय फूड जोन में अच्छी खासी भीड़ देखी गई। दुकानदारों ने बताया कि दिन के समय लगातार भीड़ बनी हुई है और बिक्री संतोषजनक है। इस आयोजन से स्थानीय कारीगरों और छोटे व्यापारियों को अपने उत्पादों को प्रदर्शित करने और बेचने का अच्छा अवसर मिल रहा है, जिससे स्थानीय व्यापार को बढ़ावा मिल रहा है। महोत्सव स्थल पर व्यवस्था और सुरक्षा के लिए भी आवश्यक इंतजाम किए गए हैं। प्रवेश द्वारों पर कड़ी निगरानी रखी जा रही है और पार्किंग व्यवस्था को सुव्यवस्थित किया गया है, ताकि आगंतुकों को किसी प्रकार की असुविधा न हो।
बैतूल जिले के भीमपुर विकासखंड के अंतर्गत ग्राम पंचायत डोक्या के आश्रित गांव मेंढा में पिछले एक सप्ताह से बिजली आपूर्ति ठप है। लगातार ब्लैकआउट के कारण गांव में गंभीर पेयजल संकट उत्पन्न हो गया है। ग्रामीण अब नदी-नालों में जमा बरसात का दूषित पानी पीने को मजबूर हैं, जिसके परिणामस्वरूप गांव में उल्टी और बुखार जैसी बीमारियों के मामले तेजी से बढ़ रहे हैं। ग्रामीणों का आरोप है कि विद्युत वितरण कंपनी के कर्मचारियों ने बिना किसी ठोस कारण के गांव की बिजली काट दी है। अंधेरे में डूबे गांव में न केवल पेयजल व्यवस्था चरमरा गई है, बल्कि बच्चों की पढ़ाई भी बुरी तरह प्रभावित हो रही है। मोबाइल नेटवर्क और चार्जिंग की सुविधा न होने से लोगों को आपात स्थिति में संपर्क साधना भी मुश्किल हो गया है। नल-जल योजना की आपूर्ति भी बंदसमाजसेवी मनोहर अग्रवाल ने बताया कि गांव की आबादी लगभग दो हजार है। यहां जल जीवन मिशन के तहत पाइपलाइन बिछाई गई है, लेकिन उससे पर्याप्त पानी नहीं मिल पाता। उन्होंने स्पष्ट किया कि बिजली कंपनी ने पंचायत का कनेक्शन बकाया बिल के कारण काटा है, जिससे नल-जल योजना की आपूर्ति भी बंद हो गई है। अब ग्रामीणों को करीब डेढ़ किलोमीटर दूर स्थित नाले से पानी लाना पड़ रहा है। उन्होंने प्रशासन और बिजली विभाग से तत्काल आपूर्ति शुरू करने की मांग की है ताकि स्थिति को और बिगड़ने से रोका जा सके। जिम्मेदार बोले- आज बिजली जोड़ दी जाएगीबता दें कि यह गांव विद्युत वितरण भैंसदेही केंद्र के तहत आता है। मेंढ़ा गांव का प्रभारी कनिष्ठ यंत्री दीपक सोलंकी के पास है। उन्होंने बताया कि वे गांव ही जा रहे हैं। इस गांव के उपभोक्ताओं पर शत प्रतिशत बिजली बिल भुगतान की राशि शेष है। इसलिए पूरे गांव की बिजली चार दिन पहले काटी गई है। यहां जल जीवन मिशन का बिजली कनेक्शन भी नया दिया गया है, गांव की बिजली काटने से यह कनेक्शन भी बंद हैं। यहां 113 उपभोक्ताओं पर 7 लाख 13 हजार की राशि बकाया है। जेई ने बताया कि वैसे ग्रामीण साल भर की इकट्ठा राशि मार्च माह में ही जमा करते रहे हैं। अभी उनसे थोड़ी थोड़ी राशि एकत्रित कर आज बिजली जोड़ दी जाएगी।
वाराणसी पहुंचे मनोज तिवारी ने बजट और यूसीसी और यूजीसी एक्ट पर अपना पक्ष रखा। उन्होंने कहा कि काशीवा रिचार्ज होने के लिए आते हैं। संघर्ष के दिनों में काशी के गंगा घाट पर अपना समय बिताया है। उन्होंने कहा कि सरकार सभी वर्ग के लोगों को ध्यान में रखते हुए अपना बजट ला रही है। मनोज तिवारी ने देशवासियों से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व पर विश्वास बनाए रखने की अपील की। उन्होंने कहा कि पिछले 12 वर्षों के अनुभव से वह यह विश्वास के साथ कह सकते हैं कि प्रधानमंत्री की नीति और नीयत देश के हर नागरिक को समान रूप से आगे बढ़ाने की है। उन्होंने यह भी कहा कि साजिशें होती रहेंगी, भ्रम फैलाने की कोशिशें होंगी, लेकिन जनता को डगमगाने की जरूरत नहीं है। UGC फैसले पर सुप्रीम कोर्ट का किया धन्यवाद यूसीसी और यूजीसी एक्ट पर बोलते हुए सांसद ने सुप्रीम कोर्ट के हस्तक्षेप का स्वागत किया। उन्होंने स्पष्ट किया कि यूजीसी से जुड़ा मामला संसद से पारित कानून नहीं था और अगर किसी कानून में खामी सामने आती है तो सरकार उसे संशोधित करने से पीछे नहीं हटेगी। उन्होंने भरोसा दिलाया कि सरकार का उद्देश्य “सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास और सबका प्रयास” है। भोजपुरी भाषा के स्वर्णिम दौर आना बाकी भोजपुरी भाषा और संस्कृति पर बात करते हुए मनोज तिवारी ने कलाकारों से अपील की कि वे अपनी रीजनल लैंग्वेज को समय, प्यार और सम्मान दें। उन्होंने कहा कि भोजपुरी, अवधी और मैथिली भाषाओं का स्वर्णिम दौर अभी आना बाकी है और जब कलाकार अपनी भाषा को अंगीकार करेंगे तो अश्लीलता जैसी समस्याओं पर स्वतः अंकुश लगेगा। शंकराचार्य के बयान पर जताई नाराजगी शंकराचार्य द्वारा मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से हिंदू प्रमाण पत्र मांगने के सवाल पर मनोज तिवारी ने तीखी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि अगर योगी आदित्यनाथ से कोई हिंदू होने का प्रमाण मांगता है, तो उस व्यक्ति के अपने हिंदू होने पर ही संदेह होता है। सांसद मनोज तिवारी ने कहा - योगी आदित्यनाथ जी से अगर कोई हिंदू होने का प्रमाण मांगता है, तो फिर उसके खुद के हिंदू होने में ही संदेह है। योगी जी का पूरा जीवन सनातन संस्कृति और हिंदू समाज की सेवा में समर्पित रहा है।
राजस्थान इंटेलिजेंस ने जैसलमेर से पकड़े पाकिस्तानी जासूस को शनिवार दोपहर कोर्ट में पेश किया। कोर्ट के आदेश पर राजस्थान इंटेलिजेंस को पाकिस्तानी जासूस का 5 दिन का रिमांड मिला है। वह सोशल मीडिया के जरिए पाक ISI से कॉन्टैक्ट में था। इसके मोबाइल में ISI हैंडलर्स से चैट-सबूत मिले है। पिछले डेढ़ साल से गुप्त सूचनाएं भेजने पर टास्क के अकोडिंग उसे पेमेंट किया जाता था। इंटेलिजेंस टीम की पूछताछ में कई अहम खुलासे होने की संभावना है। एडीजी (इंटेलिजेंस) प्रफुल्ल कुमार ने बताया- पाकिस्तान के जासूसी करने के मामले में आरोपी झबराराम (28) निवासी सांकड़ा पोकरण जैसलमेर को अरेस्ट किया गया था। तकनीकी जांच में सामने आया था कि वह सोशल मीडिया के जरिए लगातार पाक जासूसी एजेंसी के हैंडलर्स के कॉन्टैक्ट में बना हुआ था। इंटेलिजेंस टीम की ओर से शनिवार दोपहर करीब 12:30 बजे पाक जासूस झबराराम को कोर्ट में पेश किया गया। कोर्ट के आदेश पर आरोपी पाकिस्तान जासूस झबराराम को पांच दिन की कस्टडी में भेजा गया। ISI हैंडलर्स से चैट और सबूत मिलेपाकिस्तानी खुफिया एजेंसी (ISI) के लिए जासूसी करने वाला झबराराम के मोबाइल में ISI हैंडलर्स से चैट और सबूत मिले है। झबराराम को पाक एजेंसियों ने हनीट्रैप और रुपयों का लालच दिया था। पिछले करीब 19 महीने से लालच में आकर वह इंडियन आर्मी की गुप्त सूचनाएं शेयर कर रहा था। टास्क देकर इंडियम आर्मी की सूचनाएं मांगी थी उसको पाकिस्तान जासूसी एजेंसी के हैंडलर्स की ओर से अलग-अलग टास्क देकर इंडियम आर्मी की सूचनाएं मांगी जाती थी। टास्ट के अकोडिंग सूचनाएं भेजने पर आरोपी के बैंक अकाउंट में 5-10 हजार रुपए का छोटा-छोटा अमाउंट पेमेंट के तौर पर भेजा जाता था। उसके बैंक अकाउंट में काफी बार जासूसी के लिए पेमेंट भेजने का पता चला है। उसने अपने नाम से जारी सिमकार्ड का OTP पाक हैंडलर्स को देकर वॉट्सएप एक्टिवेट करवाया। जिसका यूज देश विरोधी गतिविधियों को अंजाम देने के लिए किया जा रहा था। रिमांड पर आरोपी जासूस झबराराम से कई अहम जानकारी सामने आएगी। वह कितने हैंडलर्स से जुड़कर गुप्त सूचनाएं शेयर कर रहा था। ------- राजस्थान में जासूसी से जुड़ी ये खबर भी पढ़िए... पाकिस्तानी हैंडलर्स चला रहे थे जैसलमेर के युवक का वॉट्सऐप:हनीट्रैप में फंसकर ई-मित्र संचालक ने ISI को भेजी खुफिया जानकारी; गिरफ्तार जैसलमेर में जासूसी के शक में पकड़े गए ई-मित्र संचालक का वॉट्सऐप पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी ISI के हैंडलर्स चला रहे थे। आरोपी ने अपनी सिम पर आया ओटीपी (OTP) ISI के एजेंट को शेयर किया, ताकि उसका वॉट्सऐप ISI के हैंडलर्स चला सके। इस दौरान खुफिया जानकारियां शेयर की गई। पढ़ें पूरी खबर
राजस्थान इंटेलिजेंस ने जैसलमेर से पकड़े पाकिस्तानी जासूस को शनिवार दोपहर कोर्ट में पेश किया। कोर्ट के आदेश पर राजस्थान इंटेलिजेंस को पाकिस्तानी जासूस का 5 दिन का रिमांड मिला है। वह सोशल मीडिया के जरिए पाक ISI से कॉन्टैक्ट में था। उसके मोबाइल में ISI हैंडलर्स से चैट-सबूत मिले है। पिछले डेढ़ साल से गुप्त सूचनाएं भेजने पर टास्क के अकोडिंग उसे पेमेंट किया जाता था। इंटेलिजेंस टीम की पूछताछ में कई अहम खुलासे होने की संभावना है। एडीजी (इंटेलिजेंस) प्रफुल्ल कुमार ने बताया- पाकिस्तान के जासूसी करने के मामले में आरोपी झबराराम (28) निवासी सांकड़ा पोकरण जैसलमेर को अरेस्ट किया गया था। तकनीकी जांच में सामने आया था कि वह सोशल मीडिया के जरिए लगातार पाक जासूसी एजेंसी के हैंडलर्स के कॉन्टैक्ट में बना हुआ था। इंटेलिजेंस टीम की ओर से शनिवार दोपहर करीब 12:30 बजे पाक जासूस झबराराम को कोर्ट में पेश किया गया। कोर्ट के आदेश पर आरोपी पाकिस्तान जासूस झबराराम को पांच दिन की कस्टडी में भेजा गया। पाकिस्तानी खुफिया एजेंसी (ISI) के लिए जासूसी करने वाला झबराराम के मोबाइल में ISI हैंडलर्स से चैट व सबूत मिले है। झबराराम को पाक एजेंसियों ने हनीट्रैप और रुपयों का लालच दिया था। पिछले करीब 19 महीने से लालच में आकर वह इंडियन आर्मी की गुप्त सूचनाएं शेयर कर रहा था। उसको पाकिस्तान जासूसी एजेंसी के हैंडलर्स की ओर से अलग-अलग टास्क देकर इंडियम आर्मी की सूचनाएं मांगी जाती थी। टास्ट के अकोडिंग सूचनाएं भेजने पर आरोपी के बैंक अकाउंट में 5-10 हजार रुपए का छोटा-छोटा अमाउंट पेमेंट के तौर पर भेजा जाता था। उसके बैंक अकाउंट में काफी बार जासूसी के लिए पेमेंट भेजने का पता चला है। उसने अपने नाम से जारी सिमकार्ड का OTP पाक हैंडलर्स को देकर वॉट्सएप एक्टिवेट करवाया। जिसका यूज देश विरोधी गतिविधियों को अंजाम देने के लिए किया जा रहा था। रिमांड पर आरोपी जासूस झबराराम से कई अहम जानकारी सामने आएगी। वह कितने हैंडलर्स से जुड़कर गुप्त सूचनाएं शेयर कर रहा था।
लखीसराय में जिला परिवहन विभाग के तत्वावधान में शनिवार को सड़क सुरक्षा अभियान चलाया गया। इस दौरान स्कूली बच्चों ने जागरूकता रैली निकाली और नुक्कड़ नाटक प्रस्तुत किया। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य आम लोगों को यातायात नियमों के प्रति जागरूक करना और सड़क दुर्घटनाओं को कम करना था। जागरूकता रैली शहर के गांधी मैदान से शुरू हुई। यह मुख्य बाजार से होते हुए आर. लाल कॉलेज के पास समाप्त हुई। रैली में शामिल बच्चों ने 'हेलमेट पहनें, जीवन बचाएं', 'सीट बेल्ट है जरूरी' और 'धीमी गति सुरक्षित जीवन' जैसे नारे लिखी तख्तियां और बैनर ले रखे थे। बच्चों के उत्साह ने राहगीरों और दुकानदारों का ध्यान आकर्षित किया। बच्चों ने नुक्कड़ नाटक का किया मंचन रैली के समापन स्थल पर बच्चों ने एक नुक्कड़ नाटक का मंचन किया। नाटक के माध्यम से यह दर्शाया गया कि कैसे छोटी सी लापरवाही भी बड़े हादसे का कारण बन सकती है। कलाकारों ने बिना हेलमेट बाइक चलाने, मोबाइल पर बात करते हुए वाहन चलाने और तेज रफ्तार के दुष्परिणामों को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत किया। बड़ी संख्या में लोगों ने नाटक देखा और बच्चों की प्रस्तुति की सराहना की। समाज को जागरूक करने का किया प्रयास जिला परिवहन विभाग के अधिकारी पाकजा मुकुल मणि ने बताया कि सड़क सुरक्षा केवल प्रशासन की जिम्मेदारी नहीं है, बल्कि यह हर नागरिक का कर्तव्य है। उन्होंने कहा कि बच्चों के माध्यम से समाज को जागरूक करने का प्रयास अधिक प्रभावी होता है क्योंकि उनका संदेश सीधे लोगों के दिल तक पहुंचता है। कार्यक्रम के दौरान लोगों से अपील की गई कि वे हमेशा यातायात नियमों का पालन करें। हेलमेट और सीट बेल्ट का अनिवार्य रूप से उपयोग करें तथा वाहन चलाते समय मोबाइल फोन का इस्तेमाल न करें। इस जागरूकता अभियान से शहर में सड़क सुरक्षा के प्रति एक सकारात्मक संदेश गया।
कासगंज में 34685 मतदाताओं को नो मैपिंग नोटिस:6 फरवरी तक सिर्फ 3100 का समाधान, बाकी का इंतजार
कासगंज विधानसभा क्षेत्र में 34,685 मतदाताओं को 'नो मैपिंग' के तहत नोटिस जारी किए गए थे। इनमें से अब तक केवल 3,100 मतदाताओं के नोटिस फॉर्म ही वापस आए हैं। शेष 30,000 से अधिक मतदाताओं के फॉर्म अभी भी BLOs को नहीं मिले हैं, जबकि इसकी अंतिम तिथि 6 फरवरी निर्धारित है। इतने कम समय में बाकी बचे 30,000 से अधिक नोटिस फॉर्म BLOs तक कैसे पहुंचेंगे, यह उनके लिए एक बड़ी चुनौती बनी हुई है। कासगंज विधानसभा में कुल 437 BLO इन नोटिसों को वापस लेने और फॉर्म में त्रुटियों को सही करने के लिए तहसील कासगंज में सुबह 10 बजे से शाम 5 बजे तक कैंप लगाकर काम कर रहे हैं। कासगंज विधानसभा क्षेत्र में कुल 3,73,408 मतदाता हैं। इनमें से 65,583 मतदाताओं के नाम सूची से हटाए गए हैं, जबकि 3,06,834 मतदाताओं का डेटा डिजिटाइज्ड किया गया है। क्षेत्र में 1,21,801 मतदाताओं को स्वयं के रूप में और 1,50,387 को वंशज के रूप में मैप किया गया है। हालांकि, 34,685 मतदाताओं की मैपिंग नहीं हो पाई थी, जिसके लिए उन्हें नोटिस जारी किए गए थे। कासगंज तहसील सदर में निर्वाचन रजिस्ट्रीकरण अधिकारी और सहायक निर्वाचन रजिस्ट्रीकरण अधिकारी द्वारा दिए गए 'नो मैपिंग' नोटिसों का जवाब देने के लिए मतदाता तहसील पहुंच रहे हैं। नोटिसों का जवाब देने के लिए तहसील में मतदाताओं की भीड़ उमड़ रही है, जहां वे अपने दावे-आपत्तियां प्रस्तुत कर BLO के सामने अपनी बात रख रहे हैं। मतदाताओं को नोटिस मिलने के बाद से वे परेशान थे, लेकिन अब उन्हें अपनी बात रखने का मौका मिला है। उपजिलाधिकारी (SDM) संजीव कुमार ने मतदाताओं की समस्याएं सुनीं और उन्हें समाधान का आश्वासन दिया। उन्होंने मतदाताओं को भरोसा दिलाया कि उनकी समस्याओं का समाधान किया जाएगा और उन्हें किसी भी प्रकार की परेशानी नहीं होने दी जाएगी। अधिकारियों ने मतदाताओं से अपने मताधिकार का उपयोग कर लोकतंत्र को मजबूत बनाने की अपील भी की।
प्रतापगढ़ में विश्वकर्मा जयंती के अवसर पर कुमावत समाज और सुथार समाज ने सालमपुरा से एक शोभायात्रा निकाली। इस शोभायात्रा में दोनों समाजों के पदाधिकारी और बड़ी संख्या में सदस्य शामिल हुए। शहर के मुख्य मार्गों से गुजरी इस शोभायात्रा का जनप्रतिनिधियों, आमजन और व्यापारियों ने जगह-जगह स्टॉल लगाकर स्वागत किया। शोभायात्रा शहर के मुख्य मार्गों से होते हुए पुनः सालमपुरा पहुंची। इस दौरान समाज के युवक-युवतियों ने भक्ति धुनों पर उत्साहपूर्वक नृत्य किया। शोभायात्रा में भाग लेने के लिए दूर-दराज के क्षेत्रों से भी बड़ी संख्या में समाज के लोग प्रतापगढ़ मुख्यालय पहुंचे थे। सुथार समाज के जिला अध्यक्ष लाल सुथार ने बताया कि शोभायात्रा सालमपुरा से बैंड-बाजे और ढोल की थाप के साथ शहर के मुख्य मार्गों से गुजरी। उन्होंने बताया कि विश्वकर्मा जयंती पर आयोजित होने वाली इस शोभायात्रा की तैयारियां समाज के पदाधिकारियों द्वारा दो महीने पहले से ही बैठकों के माध्यम से की जा रही थीं। शोभायात्रा के समापन के बाद सालमपुरा स्थित मंदिर में महाआरती का आयोजन किया गया। देर शाम तक भजन-कीर्तन सहित विभिन्न धार्मिक अनुष्ठान संपन्न हुए। इस अवसर पर समाज के पदाधिकारियों द्वारा शिक्षा के क्षेत्र में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले युवक-युवतियों को सम्मानित भी किया जाएगा। देखें PHOTOS
राजगीर में महा डाक चौपाल:चीफ पोस्टमास्टर ने कहा- योजनाओं से हम नागरिकों को आर्थिक सशक्त बना रहे
राजगीर में शनिवार को भारतीय डाक विभाग की ओर से आयोजित महा डाक चौपाल ने एक बार फिर साबित कर दिया कि देश की सबसे पुरानी संस्था आज भी जनता की सेवा में सबसे आगे खड़ी है। राजगीर कन्वेंशन हॉल में आयोजित इस भव्य कार्यक्रम में बिहार सर्किल के चीफ पोस्टमास्टर जनरल एम. यू. अब्दाली मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। महा डाक चौपाल का मूल उद्देश्य डाक विभाग की विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं को सीधे जनता तक पहुंचाना और उन्हें इन सेवाओं का लाभ दिलाना था। आज के डिजिटल युग में जहां निजी कंपनियां बाजार पर हावी हो रही हैं, वहीं, डाक विभाग अपनी विश्वसनीयता और जनसेवा के प्रति प्रतिबद्धता के कारण आम नागरिकों की पहली पसंद बना हुआ है। चीफ पोस्टमास्टर जनरल अब्दाली ने अपने संबोधन में इस बात पर जोर दिया कि महा डाक चौपाल केवल एक कार्यक्रम नहीं, बल्कि जनता और सरकार के बीच एक सेतु है। उन्होंने कहा कि हम डाक जीवन बीमा (PLI), इंडिया पोस्ट पेमेंट्स बैंक (IPPB), आधार सेवाओं और विभिन्न बचत योजनाओं के माध्यम से नागरिकों को आर्थिक रूप से सशक्त बना रहे हैं। डाक विभाग आज विश्वास, सुरक्षा और डिजिटल सुविधा का प्रतीक है। जनता से सीधा संवाद ही असली लोकतंत्र डाक अधीक्षक कुंदन कुमार ने महा डाक चौपाल की प्रासंगिकता पर प्रकाश डालते हुए कहा कि यह आयोजन जनता और डाक विभाग के बीच सीधा संवाद स्थापित करने का सबसे प्रभावी मंच है। उन्होंने बताया कि यहां लोगों की समस्याओं का तत्काल समाधान किया जाता है और योजनाओं की विस्तृत जानकारी एक ही स्थान पर उपलब्ध कराई जाती है। यह वास्तविक जनसेवा का उदाहरण है। प्रदर्शनी में मिली योजनाओं की विस्तृत जानकारी कार्यक्रम के दौरान आयोजित प्रदर्शनी में PLI, इंडिया पोस्ट पेमेंट्स बैंक और आधार सेवाओं से संबंधित स्टॉल लगाए गए थे। यहां उपस्थित नागरिकों को न केवल योजनाओं की विस्तृत जानकारी दी गई, बल्कि मौके पर ही कई लोगों ने इन सेवाओं का लाभ भी उठाया। यह व्यवस्था विशेष रूप से सराहनीय रही क्योंकि इससे लोगों का समय और श्रम दोनों की बचत हुई। उत्कृष्ट कर्मियों को सम्मान से बढ़ा उत्साह महा डाक चौपाल के अवसर पर उन डाक कर्मियों को विशेष रूप से सम्मानित किया गया, जिन्होंने अपने कार्यक्षेत्र में उत्कृष्ट प्रदर्शन किया। यह पहल न केवल सम्मानित कर्मचारियों के लिए गौरव का क्षण रहा, बल्कि अन्य कर्मचारियों में भी बेहतर कार्य करने की प्रेरणा का संचार हुआ।कार्यक्रम में डाक विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों, कर्मचारियों, स्थानीय जनप्रतिनिधियों के अलावा बड़ी संख्या में आम नागरिक भी उपस्थित रहे।
पेंड्रा रोड की विशेष अपर सत्र न्यायाधीश ज्योति अग्रवाल ने नाबालिग से दुष्कर्म के आरोपी रामकुमार भरिया को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। कोर्ट ने पॉक्सो एक्ट 2012 के तहत यह फैसला सुनाया। यह घटना 17 दिसंबर 2024 को गौरेला थाना क्षेत्र के सधवानी में हुई थी। सोलह साल से कम उम्र की पीड़िता अपनी बहन के साथ आग ताप रही थी, तभी उसकी बहन घर के अंदर गई। इसी दौरान आरोपी रामकुमार भरिया वहां पहुंचा और नाबालिग को जबरदस्ती नदी किनारे ले जाकर दुष्कर्म किया। पीड़िता की शिकायत पर गौरेला थाना में आरोपी रामकुमार भरिया के खिलाफ मामला दर्ज किया गया था। पुलिस ने अगले ही दिन आरोपी को गिरफ्तार कर लिया था। कोर्ट ने आरोपी को दोषी ठहराते हुए उम्रकैद की सजा सुनाई मामले की सुनवाई के बाद, विशेष कोर्ट ने आरोपी को दोषी ठहराते हुए पॉक्सो एक्ट 2012 की धारा 5 (ठ) और सहपाठित धारा 6 के तहत आजीवन कारावास की सजा सुनाई। यह कारावास अभियुक्त के शेष जीवनकाल के लिए होगा। कोर्ट ने 5000 रुपए का अर्थदंड भी लगाया है, जिसके भुगतान में चूक होने पर 3 माह का अतिरिक्त सश्रम कारावास भुगतना होगा। इसके अतिरिक्त, आरोपी को बीएनएस एक्ट की धारा 137(2) के तहत 5 साल के सश्रम कारावास और 1000 रुपए जुर्माना और धारा 65 (1) के तहत आजीवन कारावास और 1000 रुपए अर्थदंड से भी दंडित किया गया है। सभी सजाएं एक साथ भुगताई जाएंगी। इस मामले में शासन की ओर से विशेष लोक अभियोजक कौशल सिंह ने पैरवी की।
राजधानी जयपुर के अशोक नगर थाना क्षेत्र में आज सुबह करीब 9 बजे दो लग्जरी गाड़ियों के बीच भीषण टक्कर हो गई। यह हादसा सेंट्रल पार्क की ओर से आ रही एक लग्जरी कार और सामने से आ रही दूसरी कार के बीच हुआ। टक्कर इतनी तेज थी कि किया कार (RJ 59 CA 0890) के पांचों एयरबैग खुल गए, जबकि दूसरी गाड़ी स्कॉर्पियो (RJ 14 UL 7247) का एक टायर पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया। हादसे में शामिल किया कार को तुषार नाम का युवक चला रहा था, वहीं स्कॉर्पियो को ड्राइवर तेजबहादुर चला रहा था। गाड़ियों को हुए भारी नुकसान से टक्कर की गंभीरता का अंदाजा लगाया जा सकता है। हालांकि राहत की बात यह रही कि इस दुर्घटना में किसी को भी चोट नहीं आई। हादसे की सूचना मिलते ही अशोक नगर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और यातायात को सुचारू कराया। मौके पर मौजूद हेड कॉन्स्टेबल सुरेंद्र सिंह चौधरी ने बताया कि दोनों गाड़ियों को जब्त कर लिया गया है और मामले की जांच जयपुर साउथ पुलिस द्वारा की जा रही है। पुलिस दुर्घटना के कारणों की जांच में जुटी हुई है।
बलरामपुर में आंगनबाड़ी कार्यकत्री की नियुक्ति में बड़े भ्रष्टाचार का खुलासा हुआ है। पुलिस ने ₹1.40 लाख की रिश्वत लेकर नियुक्ति कराने के आरोप में बाल विकास परियोजना कार्यालय तुलसीपुर के परियोजना लिपिक, एक बिचौलिए और तत्कालीन चयन पटल सहायक सहित तीन अभियुक्तों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। यह मामला तब सामने आया जब जिला कार्यक्रम अधिकारी बलरामपुर इफ्तखार अहमद की लिखित शिकायत पर जिलाधिकारी के निर्देश पर एक जांच समिति गठित की गई। समिति की विस्तृत जांच में रिश्वतखोरी की पुष्टि हुई। जांच में पता चला कि परियोजना लिपिक जमुना प्रसाद ने बिचौलिए मुन्नालाल जायसवाल उर्फ साधू जायसवाल के माध्यम से एक आवेदक की पत्नी को आंगनबाड़ी कार्यकत्री पद पर नियुक्त कराने के लिए ₹1.40 लाख की रिश्वत ली थी। इस अवैध लेन-देन में तत्कालीन चयन पटल सहायक रामसुचित वर्मा की संलिप्तता भी पाई गई। जांच रिपोर्ट के आधार पर थाना कोतवाली नगर में भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की धारा 7 व 8 के तहत मुकदमा दर्ज किया गया। पुलिस अधीक्षक विकास कुमार के निर्देश पर गठित टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए तीनों अभियुक्तों को बिजलीपुर बाईपास क्षेत्र से गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में अभियुक्तों ने स्वीकार किया कि वे आंगनबाड़ी भर्ती में शॉर्टलिस्ट किए गए अभ्यर्थियों को व्यक्तिगत रूप से बुलाकर रिश्वत की मांग करते थे, ताकि फोन कॉल या डिजिटल साक्ष्य न रहें। जांच में यह भी सामने आया है कि अब तक दो अभ्यर्थियों से ₹90 हजार और ₹1.40 लाख की मांग की जा चुकी थी। चयन पटल सहायक के मोबाइल से मिले विवरण में अवैध धन को शेयर बाजार और जमीन-जायदाद में निवेश करने के संकेत भी मिले हैं। पुलिस फिलहाल मामले की गहन विवेचना कर रही है और आशंका है कि जांच के दायरे में कुछ और नाम भी सामने आ सकते हैं। इस खुलासे ने प्रशासनिक हलकों में हड़कंप मचा दिया है।
बुरहानपुर में जिला कांग्रेस कमेटी शहर ने शनिवार को मतदाता सूची में फॉर्म 7 की आपत्तियों को लेकर कलेक्ट्रेट में विरोध प्रदर्शन किया। कांग्रेस ने फर्जी तरीके से आपत्तियां दर्ज कराने वाले लोगों के खिलाफ कार्रवाई की मांग करते हुए कलेक्टर को ज्ञापन सौंपा। शहर कांग्रेस कमेटी अध्यक्ष रिंकू टाक ने आरोप लगाया कि कुछ राजनीतिक तत्वों द्वारा बड़ी संख्या में एक जैसे आधार पर मतदाता सूची से नाम कटवाने के लिए आपत्तियां दर्ज कराई गई हैं। उन्होंने बताया कि हर वार्ड में 600 से 700 आपत्तियां लगाई गई हैं। टाक ने कहा कि फर्जी तरीके से शिकायत करने पर एक साल की सजा का प्रावधान है। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि बीएलओ द्वारा भौतिक सत्यापन किए बिना केवल आपत्तिकर्ता की उपस्थिति में रिपोर्ट तैयार की गई और अनेक प्रकरणों में आवश्यक क्रॉस वेरिफिकेशन नहीं किया गया। वास्तविक स्थिति के आंकड़ों में अंतरकांग्रेस ने यह भी बताया कि आपत्तियों का दैनिक प्रकाशन और पोर्टल अपडेट नियमानुसार नहीं किया जा रहा है। प्राप्त रिपोर्टों और वास्तविक स्थिति के आंकड़ों में गंभीर अंतर पाया गया है, जिससे मतदाता सूची की पवित्रता प्रभावित हो रही है। कांग्रेस का मानना है कि ऐसी गतिविधियां लोकतांत्रिक प्रक्रिया पर सीधा आघात हैं और वास्तविक मतदाताओं के संवैधानिक अधिकार छीनने का प्रयास करती हैं। इस दौरान पूर्व विधायक हमीद काजी, पूर्व विधायक ठाकुर सुरेंद्र सिंह शेरा भैया, सलीम कॉटनवाला, शेख रूस्तम और वार्ड पार्षद सहित कई कांग्रेसी नेता मौजूद थे। कांग्रेस ने अपनी मांगों में एसआईआर प्रक्रिया की स्वतंत्र और निष्पक्ष जांच कराने, फर्जी आपत्तियां लगाने वाले तत्वों तथा बिना सत्यापन कार्य करने वाले बीएलओ और ईआरओ के खिलाफ कठोर कार्रवाई करने की बात कही। उन्होंने गलत तरीके से हटाए गए मतदाताओं के नाम तत्काल फिर से जोड़ने और ऐसी अनियमितताओं को रोकने के निर्देश जारी करने की भी मांग की। कांग्रेस पार्टी ने चेतावनी दी कि यदि इन मांगों पर कार्रवाई नहीं की गई, तो वे आंदोलन करेंगे।
कटिहार के फलका में मुशायरा सह कवि सम्मेलन:नामी शायरों ने पेश किए कलाम, दर्शकों ने सराहा
कटिहार के फलका प्रखंड क्षेत्र के महेशपुर गांव में एक दिवसीय मुशायरा सह कवि सम्मेलन का आयोजन किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता नौशाद समर बोगसारवी ने की। इसका उद्घाटन स्थानीय मुखिया अब्दुल माजीद, दिल्ली के शायर नौशाद समर बोगसारवी, साहब खान सागर और भागलपुर के मजहर मुजाहिदी ने दीप प्रज्वलित कर किया। इस सम्मेलन में कई नामी शायरों और कवियों ने अपनी रचनाएं प्रस्तुत कीं। सागर खान ने अपने कलाम से श्रोताओं को मंत्रमुग्ध किया, वहीं नौशाद समर बोगसारवी ने अपनी पेशकश से महफिल में समां बांध दिया। उनके शेर 'अगर राह से बरगद काटा नहीं होता... तो मैं भी धूप में हरगिज जला नहीं करता...' को खूब सराहा गया। भागलपुर के मजहर मुजाहिदी के शेर 'अर्जे हिंदुस्तान मेरा पाकीजा है... पूरा पाकिस्तान तुम्हारा गंदा है...' पर दर्शकों ने खूब दाद दी। आस्तीन में खंजर लिए हुए' पर झूम उठे दर्शक अजय कुमार मीत ने अपने शेर 'फटता है सीना कलेजा को मुंह को आता है... तिरंगे से लिपटकर जब कोई सरहद से आता है...' से देशभक्ति का संदेश दिया। नूरुद्दीन सानी ने 'जमीन के साथ अंबर बोलता है... खुद एक है यह मंजर बोलता है...' प्रस्तुत किया। युवा शायर चांद बहार के शेर 'उल्फत का आज यह खूब सिला दे रहा है... आया है आस्तीन में खंजर लिए हुए' पर दर्शक झूम उठे। शायरों ने दर्शकों की वाहवाही लूटी इनके अलावा तोहीर अजहर, शमशाद जिया, प्रेम राज हमदर्द, जावेद अख्तर, कासिम अशरफी, नन्ही सायरा काफिया कामिनी, मोहम्मद शाकिर, फहीमुद्दीन नदवी, जाहिद इश्तियाक और नसीम शमशाद सहित कई अन्य शायरों ने भी अपनी बेहतरीन गजलें और शेर पेश कर दर्शकों की वाहवाही लूटी। सर्द रात के बावजूद श्रोता देर रात तक कवियों और शायरों के कलाम का आनंद लेते रहे। इस अवसर पर आयोजक मोहम्मद दिलशाद, इमरान अहमद काजमी, तहज्जुद आलम, मोहम्मद इमरान और मोहम्मद इम्तियाज भी मौजूद थे।
भागलपुर में बबरगंज थाना क्षेत्र के वारसलीगंज और महेशपुर की रहने वाली 2 छात्राएं पिछले 24 दिनों से लापता हैं। घटना के इतने दिन बीत जाने के बावजूद पुलिस अब तक लापता छात्राओं का कोई सुराग नहीं लगा पाई है। मामले में पुलिस अधीक्षक ने घटना के 8 दिन बाद एसआईटी का गठन जरूर किया, लेकिन 24 दिन बाद भी छात्राओं की बरामदगी नहीं होने से परिजन फूट-फूट कर रो रहे हैं। इधर, बीते 24 दिनों से परिजन अपनी बेटियों की तलाश में दर-दर भटकने को मजबूर हैं। बबरगंज थाना से लेकर एसपी, टीएसपी और डीएसपी कार्यालय तक लगातार चक्कर काट चुके हैं। अब परिजनों ने आईजी कार्यालय का दरवाजा भी खटखटाया है। हर जगह से उन्हें केवल यही आश्वासन मिला कि पुलिस जांच कर रही है, लेकिन जमीनी स्तर पर अब तक कोई ठोस परिणाम सामने नहीं आया है। डीएसपी से गुहार लगाने के बाद परिजनों ने एसएसपी से भी मुलाकात की। इसके बाद वे पुलिस महानिरीक्षक विवेक कुमार से मिले और दोनों छात्राओं की जल्द और सुरक्षित बरामदगी की मांग की। इस दौरान मीडिया से बात करते हुए लापता छात्रा सोनाक्षी के पिता सुबोध कुमार अपनी बेटी को याद कर फूट-फूट कर रो पड़े। उनका दर्द देखकर वहां मौजूद लोगों की आंखें भी नम हो गईं। उन्होंने कहा कि इतने दिन बीत जाने के बाद भी जब बच्ची का कोई पता नहीं चलता है, तो माता-पिता पर क्या गुजरती होगी, इसे शब्दों में बयां नहीं किया जा सकता। परिजन को आश्वासन मिला वहीं, मामले को लेकर पुलिस महानिरीक्षक विवेक कुमार ने परिजनों को भरोसा दिलाया कि जांच जारी है और जल्द ही नतीजा सामने आएगा। हालांकि, यही आश्वासन पिछले 23 दिनों से लगातार दोहराया जा रहा है। मामले की गंभीरता को देखते हुए एसआईटी टीम का गठन भी किया गया है, लेकिन अब बड़ा सवाल यह उठ रहा है कि अब तक एसआईटी ने क्या कार्रवाई की और जांच किस दिशा में आगे बढ़ी है। परिजन किसी अनहोनी की आशंका से डरे हुए हैं। माता-पिता का रो-रो कर बुरा हाल है, वहीं परिवार के अन्य सदस्य भी गहरे मानसिक तनाव में हैं। बता दे कि दोनों छात्र पिछले 8 जनवरी से ही लापता है
कोरबा शहर के सीतामढ़ी रेलवे स्टेशन के सामने स्थित श्री श्री हनुमान मंदिर से अज्ञात चोरों ने देर रात दानपेटी चोरी कर ली। चोरों ने जंजीर काटकर दानपेटी को चुराया। यह पूरी घटना मंदिर परिसर में लगे सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गई है। घटना का खुलासा शनिवार सुबह उस समय हुआ, जब ऑटो संघ के सदस्य और पदाधिकारी नियमित पूजा-अर्चना के लिए मंदिर पहुंचे। दानपेटी गायब देख उन्होंने तत्काल रेलवे आरपीएफ और जिला कोतवाली पुलिस को सूचना दी। डेढ़-दो साल से बंद दानपेटी रातभर चोरी ऑटो संघ के सदस्यों के अनुसार, दानपेटी पिछले लगभग डेढ़ से दो साल से नहीं खोली गई थी। इसमें प्रतिदिन ऑटो संघ के सदस्य और श्रद्धालु चढ़ावा चढ़ाते थे। अनुमान है कि दानपेटी में लगभग 80 से 90 हजार रुपए नकद मौजूद थे। सीसीटीवी में कैद हुई चोरी की वारदात ऑटो चालक यशवंत कुमार चंद्रा ने बताया कि यह घटना देर रात करीब 12 बजे की है। सीसीटीवी फुटेज में चोर दानपेटी ले जाते हुए नजर आ रहे हैं। मंदिर के पास आरपीएफ थाना भी है यह मंदिर रेलवे स्टेशन के सामने स्थित है और इस मार्ग पर लोगों की आवाजाही बनी रहती है। पास में ही आरपीएफ थाना भी है। इसके बावजूद चोरों ने बेखौफ होकर चोरी की वारदात को अंजाम दिया। ऑटो संघ ने कोतवाली थाना पुलिस में शिकायत दर्ज कराई है। पुलिस ने मामला दर्ज कर आगे की जांच शुरू कर दी है। इस घटना को लेकर स्थानीय लोगों में चिंता है। उनका कहना है कि शहर में चोरी की घटनाएं लगातार बढ़ रही हैं।
कहीं आपका मकान या आपकी जमीन भी अवैध तो नहीं:रायपुर में नगर निगम ने कई कॉलोनियों को अवैध घोषित किया
राजधानी रायपुर में अवैध कॉलोनियों और बिना अनुमति किए जा रहे निर्माण पर रोक लगाने के लिए रायपुर नगर पालिक निगम ने सख्त कदम उठाए हैं। नगर निगम ने हीरापुर–जरवाय और सोनडोंगरी क्षेत्र में स्थित कई जमीनों को अवैध कॉलोनी घोषित किया है। नगर निगम अधिकारियों के अनुसार इन जमीनों का अधिग्रहण किया जा रहा है। इस पूरी प्रक्रिया के दौरान संबंधित क्षेत्रों में किसी भी तरह की गतिविधि पूरी तरह से प्रतिबंधित रहेगी। इसका मतलब है कि वहां न तो निर्माण किया जा सकता है, न जमीन की खरीद-बिक्री की जा सकती है और न ही किसी तरह का नया कब्जा किया जा सकता है। कौन-कौन से इलाके शामिलनगर निगम द्वारा जारी सूचना के अनुसार हीरापुर–जरवाय क्षेत्र में कई खसरा नंबरों की जमीनें अवैध पाई गई हैं। इसी तरह सोनडोंगरी क्षेत्र में भी कई भूखंड अवैध कॉलोनी की श्रेणी में रखे गए हैं। इन जमीनों पर बिना वैध अनुमति के प्लॉटिंग की जा रही थी। नियम तोड़ने पर सख्त कार्रवाईनगर निगम ने साफ चेतावनी दी है कि अधिग्रहण प्रक्रिया के दौरान यदि कोई व्यक्ति निर्माण करता है, जमीन पर कब्जा करता है या उसकी खरीद-बिक्री करता है, तो उससे होने वाले सभी आर्थिक नुकसान और कानूनी परिणामों के लिए संबंधित व्यक्ति खुद जिम्मेदार होगा। ऐसे मामलों में नगर निगम की कोई जिम्मेदारी नहीं होगी। क्यों की गई यह कार्रवाईनगर निगम अधिकारियों का कहना है कि यह कार्रवाई शहर में बढ़ते अवैध निर्माण, बिना अनुमति कॉलोनियों के विकास और आम लोगों को गुमराह कर जमीन बेचने जैसी गतिविधियों पर रोक लगाने के लिए की जा रही है। कई बार लोग बिना जांच के जमीन खरीद लेते हैं और बाद में उन्हें परेशानी का सामना करना पड़ता है। नागरिकों से अपीलनगर निगम ने शहर के नागरिकों से अपील की है कि वे हीरापुर–जरवाय और सोनडोंगरी क्षेत्रों में जमीन या मकान खरीदने से पहले उसकी वैधानिक स्थिति की पूरी जानकारी जरूर लें। जमीन नगर निगम से स्वीकृत है या नहीं, इसकी जांच करना जरूरी है। नगर निगम ने यह भी स्पष्ट किया है कि अवैध कॉलोनियों के खिलाफ यह अभियान आगे भी जारी रहेगा और भविष्य में ऐसे मामलों में और अधिक सख्त कार्रवाई की जाएगी।
इंदिरा नगर स्थित CSIR-CIMAP में आयोजित दो दिवसीय किसान मेला आज अंतिम दिन hai। मेले के अंतिम दिन वैज्ञानिकों और विशेषज्ञों ने किसानों को औषधीय एवं सुगंधित पौधों की खेती को अपनाकर आय बढ़ाने के लिए प्रोत्साहित किया। मेले में बड़ी संख्या में स्थानीय के साथ-साथ अन्य राज्यों से आए किसानों ने भाग लिया। ग्लास हाउस का उद्घाटन, आधुनिक शोध को मिलेगा बढ़ावा मेले के दौरान मुख्य अतिथि डॉ. एन. कलैसेल्वी, महानिदेशक सीएसआईआर एवं सचिव डीएसआईआर, भारत सरकार ने सीमैप परिसर में नवनिर्मित ग्लास हाउस का उद्घाटन किया। उन्होंने कहा कि ग्लास हाउस जैसी आधुनिक संरचनाएं शोध को मजबूत करेंगी और किसानों तक नई तकनीक जल्दी पहुंचाने में मददगार साबित होंगी। इस मौके पर डॉ. प्रबोध कुमार त्रिवेदी, डॉ. अजीत कुमार शासनी, और डॉ. धीर सिंह सहित कई प्रतिष्ठित वैज्ञानिक मौजूद रहे। औषधीय और सुगंधित पौधों की खेती पर विशेष जोर सीमैप के निदेशक डॉ. प्रबोध कुमार त्रिवेदी ने किसानों से अपील की कि वे पारंपरिक फसलों के साथ औषधीय और सुगंधित पौधों की खेती को अपनाएं। उन्होंने बताया कि पुदीना, लेमनग्रास, तुलसी, गुलाब जैसी फसलों की खेती से कम लागत में बेहतर मुनाफा संभव है। उन्होंने कहा कि सीमैप किसानों को खेती से लेकर प्रसंस्करण, मूल्य संवर्धन और बाजार से जोड़ने तक हर स्तर पर तकनीकी सहयोग और प्रशिक्षण उपलब्ध करा रहा है, ताकि किसान आत्मनिर्भर बन सकें। कृषि और पर्यावरण से जुड़े प्रकाशनों का विमोचन मेले के दौरान गुलाब की उन्नत खेती से संबंधित एक विशेष बुलेटिन और तितलियों पर आधारित एक पुस्तक का विमोचन भी किया गया। इन प्रकाशनों के जरिए किसानों को वैज्ञानिक खेती के साथ-साथ जैव विविधता और पर्यावरण संरक्षण के महत्व से अवगत कराया गया। किसानों से सीधा संवाद, पौध वितरण और बाजार की जानकारी मेले में विशेषज्ञों ने किसानों से सीधे संवाद कर फसल कटाई के बाद की देखभाल, भंडारण, प्रसंस्करण तकनीक, बाजार की मांग और सरकारी योजनाओं की विस्तृत जानकारी दी। इसके साथ ही किसानों को अच्छी गुणवत्ता की औषधीय और सुगंधित पौधों की पौध भी वितरित की गई। कई राज्यों से आए किसानों की मौजूदगी ने मेले को अनुभवों और तकनीकों के आदान-प्रदान का प्रभावी मंच बना दिया।
जिले के रौनाही थाना क्षेत्र में दो अलग-अलग घटनाओं में एक युवती और एक युवक की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हुई थी। दोनों के शव फंदे से लटके मिले थे। पुलिस के अनुसार, पोस्टमार्टम रिपोर्ट में मौत का कारण हैंगिंग बताया गया है। पहली घटना थाना क्षेत्र के मुस्तफाबाद स्थित शहजौरा गांव की है। यहां 19 वर्षीय कोमल पुत्री भाई लाल का शव एक पेड़ से लटका हुआ मिला था। ग्रामीणों ने शव देखकर तत्काल पुलिस को सूचना दी थी। सूचना मिलते ही प्रभारी निरीक्षक लालचंद सरोज पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचकर। निरीक्षण के बाद पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा था। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में हैंगिंग से मौत की पुष्टि हुई है। घटना के बाद से गांव में तरह-तरह की चर्चाएं हो रही हैं, कुछ लोग इसे प्रेम प्रसंग से जोड़कर देख रहे हैं। दूसरी घटना रौनाही थाना क्षेत्र के पिलखावा चिरैयापुर गांव की है। यहां एक पोल्ट्री फार्म के अंदर 36 वर्षीय पंकज वर्मा पुत्र राम भवन वर्मा का शव फांसी पर लटका मिला। मृतक चिरैधापुर गांव का निवासी था। परिजनों के अनुसार, गुरुवार सुबह जब उन्होंने पंकज को फोन किया तो कोई जवाब नहीं मिला। मौके पर पहुंचने पर पंकज वहां नहीं मिले। आसपास तलाश करने के बाद जब पोल्ट्री फार्म के अंदर देखा गया, तो उनका शव एक बडेर से रस्सी के सहारे लटका हुआ पाया गया। परिजनों ने बताया कि घटना से एक रात पहले पंकज की पत्नी सात वर्षीय बेटे को डांट रही थी, जिस पर पंकज का उससे विवाद हो गया था। इसके बाद वह रात को भोजन के उपरांत गांव के बाहर अपने भाई अनिल के मुर्गी फार्म पर सोने चले गए थे। सुबह उनका शव फंदे से लटकता मिला। प्रभारी निरीक्षक लालचंद सरोज ने बताया कि पंकज की पोस्टमार्टम रिपोर्ट में भी हैंगिंग से मौत की पुष्टि हुई है। परिजनों की ओर से अभी तक कोई तहरीर नहीं दी गई है। अगर तहरीर दी जाती है तो जांच कर आगे की कार्यवाही की जाएगी।
उज्जैन में शांति पैलेस चौराहे पर पुल निर्माण के दौरान एक मजदूर की मौत हो गई। हादसा शनिवार को दोपहर करीब 1.30 बजे सरियों के बीच दबने से हुआ है। इंदौर-उज्जैन फोरलेन को सिक्सलेन में बदलने का काम चल रहा है। यहां रवि इंफ्राबिल्ड प्रोजेक्ट्स लिमिटेड द्वारा ब्रिज का निर्माण किया जा रहा है। काम के दौरान झारखंड निवासी मजदूर अशोक पिलर पर लोहे का जाल (सरिया) बिछा रहा था, तभी वह सरियों के बीच दब गया। उस वक्त पिलर पर चार से पांच मजदूर काम कर रहे थे। अशोक के सहकर्मी विष्णु ने बताया कि अचानक संतुलन बिगड़ने से अशोक सरियों में फंस गया। इसके बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई। गैस कटर से सरिए काटकर बाहर निकाला घटना स्थल नानाखेड़ा थाना क्षेत्र में आता है, लेकिन सूचना मिलने पर नीलगंगा थाना पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने गैस कटर की मदद से सरियों को काटकर अशोक को बाहर निकाला। उसे तत्काल अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। नीलगंगा थाना प्रभारी टी. तरुण कुरिल ने बताया कि ब्रिज निर्माण के दौरान एक मजदूर सरियों में फंस गया था। उसे बाहर निकालकर अस्पताल भेजा गया। जहां उसकी मौत हो गई। मामले की जांच की जा रही है। झारखंड से काम करने आए हैं 15 मजदूरइस परियोजना में झारखंड से आए लगभग 15 मजदूर काम कर रहे हैं। इंदौर-उज्जैन सिक्सलेन हाईवे परियोजना सिंहस्थ 2028 की तैयारियों के तहत विकसित की जा रही है। 1619 करोड़ रुपए से अधिक की अनुमानित लागत वाली यह सड़क इंदौर के अरबिंदो अस्पताल से उज्जैन के हरिफाटक ब्रिज तक बनाई जा रही है। इस परियोजना में तीन फ्लाईओवर, छह अंडरपास और ग्रामीण कनेक्टिविटी के लिए आठ जंक्शन शामिल हैं। इसका उद्देश्य सिंहस्थ 2028 के दौरान यातायात को सुगम बनाना है। इस सिक्सलेन सड़क को मार्च 2028 तक पूरा करने का लक्ष्य है। यह खबर भी पढ़ें… जबलपुर में निर्माणाधीन पुल के पिलर की सेंट्रिंग गिरी जबलपुर के ललपुर–न्यू भेड़ाघाट क्षेत्र में एनएचआई द्वारा निर्माणाधीन पुल पर रविवार रात बड़ा हादसा हो गया। पिलर की सेंट्रिंग असंतुलित होकर गिरने से वहां काम कर रहे मजदूर मुर्सलेम एस (35) की मौत हो गई। वे पश्चिम बंगाल के मुर्शिदाबाद जिले के चर कृष्णापुर खामेर के निवासी थे। पूरी खबर यहां पढ़ें...
देवरिया जिले के भटनी बाजार नगर पंचायत क्षेत्र में सरकारी, सार्वजनिक और धार्मिक भूमियों पर अवैध कब्जे और फर्जी अभिलेख दर्ज कराने का मामला सामने आया है। नगर पंचायत अध्यक्ष ने इस संबंध में जिलाधिकारी, जनप्रतिनिधियों और उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री को पत्र भेजकर निष्पक्ष जांच और अवैध कब्जे वाली जमीनों को मुक्त कराने की मांग की है। नगर पंचायत कार्यालय द्वारा भेजे गए पत्र में बताया गया है कि नगर पंचायत के गठन से पहले यह क्षेत्र ग्राम सभा के अधीन था। इसी दौरान कुछ कथित भू-माफियाओं ने मिलीभगत कर बंजर और नवीन परती जैसी सरकारी जमीनों को फर्जी तरीके से अपने नाम दर्ज करा लिया और उन पर अवैध कब्जा कर लिया। शिकायत में आराजी संख्या 279, 271, 289, 332 और 340 का विशेष रूप से उल्लेख किया गया है, जिन्हें सरकारी भूमि बताया गया है। धार्मिक भूमि से संबंधित गंभीर आरोप भी लगाए गए हैं। पत्र के अनुसार, ठाकुर जी के मंदिर और रामलीला मैदान के लिए स्थानीय जमींदारों ने वर्ष 1905 और 1906 में भूमि दान की थी। यह भूमि ग्राम चांदपार, तप्पा वरसीपार, तहसील सलेमपुर में स्थित है। इसका पुराना आराजी नंबर 51 व 52/2 तथा नया आराजी नंबर 9 व 19 है। आरोप है कि इस भूमि के एक बड़े हिस्से पर अतिक्रमण कर लिया गया है। शिकायत में यह भी बताया गया है कि आराजी संख्या 9 पर स्थित मंदिर से जुड़ी जमीन में कथित रूप से फर्जी नाम दर्ज कराकर कुछ हिस्सों की बिक्री कर दी गई है, जबकि शेष भूमि को बेचने की तैयारी चल रही है। नगर पंचायत ने इस प्रकरण को जनहित और धार्मिक आस्था से जुड़ा एक गंभीर मामला बताया है। नगर पंचायत का कहना है कि इन अवैध कब्जों के कारण विकास कार्य प्रभावित हो रहे हैं। मुख्यमंत्री से मांग की गई है कि सक्षम स्तर से इस मामले की जांच कराई जाए, फर्जी इन्द्राज निरस्त किए जाएं और भूमि को उसकी पूर्व स्थिति में बहाल किया जाए। इससे सरकारी योजनाओं का सुचारु क्रियान्वयन सुनिश्चित होगा और सार्वजनिक संपत्तियों की सुरक्षा हो सकेगी।
राज्य सरकार की महत्वाकांक्षी योजना डिजिटल पब्लिक इन्फ्रास्ट्रक्चर फॉर एग्रीकल्चर के अंतर्गत फार्मर रजिस्ट्रेशन को लेकर जिले में व्यापक स्तर पर तैयारी की गई है। इसी क्रम में जिला पदाधिकारी विवेक रंजन मैत्रेय ने प्रेस वार्ता कर बताया कि 02 फरवरी 2026 से 06 फरवरी 2026 तक राज्य भर में मिशन मोड में किसानों का निशुल्क निबंधन कराया जाएगा। इसका उद्देश्य जिले के प्रत्येक पात्र किसान का फार्मर आईडी तैयार कर उन्हें सरकारी योजनाओं का सीधा लाभ उपलब्ध कराना है। डीएम ने बताया कि इस कार्य में तेजी लाने के लिए जिले के सभी अंचलाधिकारी, प्रखंड कृषि पदाधिकारी एवं प्रखंड पंचायती राज पदाधिकारी के साथ वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से बैठक कर सख्त निर्देश दिए गए हैं। उन्होंने कहा कि राज्यहित को सर्वोपरि रखते हुए इस अभियान को प्राथमिकता के आधार पर सफल बनाया जाए, ताकि कोई भी पात्र किसान लाभ से वंचित न रहे। किसान की बनाई जाती है यूनिक Farmer ID जिला पदाधिकारी ने जानकारी दी कि फार्मर रजिस्ट्री, “एग्री-स्टेक परियोजना” का एक महत्वपूर्ण घटक है, जिसके तहत प्रत्येक किसान की एक यूनिक Farmer ID बनाई जाती है। इसमें किसान के जमीन संबंधी विवरण, आधार संख्या एवं अन्य आवश्यक सूचनाओं को डिजिटल रूप से एकीकृत किया जाता है। इसके माध्यम से बिहार भूमि डाटाबेस का समेकन कर राजस्व ग्राम स्तर पर किसानों का एक ऑनलाइन बकेट तैयार किया गया है, जिसके आधार पर फार्मर रजिस्ट्री विकसित की जा रही है। कृषि योजनाओं में पारदर्शिता बढ़ेगी उन्होंने बताया कि फार्मर रजिस्ट्री से कृषि योजनाओं में पारदर्शिता बढ़ेगी और बीज, उर्वरक, फार्म मशीनरी, सिंचाई उपकरण, गोदाम निर्माण, बायोगैस संयंत्र, वर्मी कम्पोस्ट, फल-फूल बागवानी, फसल बीमा, आपदा राहत एवं ड्रोन तकनीक से छिड़काव जैसी योजनाओं का लाभ किसानों तक सीधे और सुगमता से पहुंचेगा। यह पूरी प्रक्रिया पेपरलेस होगी, जिससे किसानों को बार-बार कागजात लेकर कार्यालयों के चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे। डीएम ने बताया कि जिले में विशेष शिविरों के माध्यम से पंचायत कृषि कार्यालय, प्रखंड कृषि कार्यालय एवं गांवों में लगने वाले कैंपों में फार्मर आईडी बनाई जाएगी। इसके लिए किसानों को आधार कार्ड, मोबाइल नंबर एवं लगान रसीद के साथ संबंधित कृषि समन्वयक या राजस्व कर्मचारी से संपर्क करना होगा। अगली किस्त प्राप्त करने के लिए फार्मर आईडी अनिवार्य उन्होंने बताया कि जिले में पीएम किसान योजना से लाभान्वित 3 लाख 81 हजार 727 सक्रिय निबंधित किसानों का फार्मर आईडी बनाना प्राथमिकता है। पीएम किसान योजना की अगली किस्त प्राप्त करने के लिए फार्मर आईडी अनिवार्य कर दी गई है। जिला प्रशासन ने सभी किसानों से अपील की है कि निर्धारित तिथियों में निबंधन कराकर इस योजना का अधिकतम लाभ उठाएं।
आजमगढ़ के जीयनपुर कोतवाली क्षेत्र के लाटघाट मिश्रपुर में बर्तन और इलेक्ट्रॉनिक की दुकान में आग लगने का मामला सामने आया है। मामले की जानकारी दुकानदार को सुबह हुई। लोगों ने देखा की दुकान से धुआं उठ रहा है। मामले की जानकारी मिलने के बाद पीड़ित दुकानदार ने आसपास के लोगों की मदद से आग बुझाने का प्रयास शुरू कर दिया और मामले की सूचना फायर ब्रिगेड को दी। लगभग 2 घंटे विलंब से पहुंची फायर ब्रिगेड की टीम ने आग पर काबू पाया। आग लगने से व्यापारी का लाखों का नुकसान हुआ है। दुकान में रखा बर्तन और बड़ी संख्य में इलेक्ट्रॉनिक उपकरण जलकर राख हो गया। इस बारे में मां वैष्णो ट्रेडर्स नाम से दुकान चलाने वाले बर्तन व्यापारी शिव शरण गुप्ता ने बताया कि दुकान के पीछे कुछ लोगों ने अलाव जलाए थे। हो सकता है। उसी के कारण आग लगी हो। हालांकि दुकानदार का कहना है कि शॉर्ट सर्किट से भी आग लग सकती है। दुकानदार शिवशरण गुप्ता का कहना है कि 2 घंटे विलंब से पहुंची फायर ब्रिगेड की टीम की मदद से आप पर काबू पाया गया। इसके साथ ही बड़ी संख्या में आसपास के लोगों ने जनरेटर के माध्यम से समरसेबल पंप चला दिया था जिससे आग बुझा दी गई है।
बेगूसराय में केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने धर्मांतरण के कारण दुनिया में मुसलमानों की आबादी बढ़ने पर चिंता जाहिर की है। उन्होंने यहां के देसी मुसलमान से घुसपैठियों को निकालने में मदद करने की अपील की है। इसके साथ ही बंगाल की मुख्यमंत्री पर निशाना साधा और पेश होने वाले केंद्रीय बजट को देश का बजट बताया है। धर्मानांतरण के कारण मुसलमानों की संख्या तेजी से बढ़ने का सर्वे आने पर गिरिराज सिंह ने कहा है कि इस सर्वे पर लोग गहन चिंतन कर रहे हैं। यह सच है कि दुनिया में इस्लाम धर्म की आबादी तेजी से बढ़ रही है, लेकिन मैं परेशान हूं कि बिहार और बेगूसराय में भी मुस्लिम धर्म वालों की आबादी तेजी से बढ़ रही है। गिरिराज सिंह ने कहा कि बढ़ रही यह आबादी जांच का विषय है। हमने चुनाव के समय भी कहा था कि बांग्लादेशी घुसपैठिए और रोहिंग्या को बाहर करना है। बंगाल की जनता ममता से तबाह हैं बंगाल की मुख्यमंत्री की ओर से चुनाव के लिए भेजे गए ऑब्जर्वर को हटाने की मांग पर गिरिराज सिंह ने कहा कि पश्चिम बंगाल में बंगाल की सरकार ने ब्यूरोक्रेट को पॉलीटलाइज कर दिया है, सबको टीएमसी का वर्कर बना दिया है। बंगाल का चुनाव बंगाल के अधिकारियों के भरोसे संभव नहीं है। बंगाल की जनता ममता बनर्जी के अत्याचार से तबाह है, खास करके हिंदू बहुत परेशान हैं। नारी सशक्तिकरण को बढ़ावा मिला आगामी बजट को लेकर गिरिराज सिंह ने कहा है कि देश का सौभाग्य है कि भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सरकार में नारी सशक्तिकरण को बढ़ावा मिला। निर्मला सीतारमण वित्त मंत्री के रूप में नौवीं बार बजट पेश करेंगी। यह हम लोगों के लिए सौभाग्य की बात है।
राष्ट्रकथा के समापन के बाद भारतीय कुश्ती संघ के पूर्व अध्यक्ष, पूर्व सांसद बृजभूषण शरण सिंह पहली बार अयोध्या पहुंचे।उन्होंने दशरथ गद्दी पहुंच कर महंत बृजमोहन दास के भाई श्याम जी ओझा की को श्रद्धांजलि दी।इसके बाद उन्होंने हनुमानगढ़ी के वरिष्ठ पुजारी हेमंत दास के साथ हनुमानगढ़ी में दर्शन-पूजन किया। इसके बाद उन्होंने अयोध्या-फैजाबाद से लोकसभा चुनाव लड़ने से साफ इंकार कर दिया।कोई सवाल ही नहीं उठता।मैं चुनाव के लिए थोड़े ही अयोध्या आता हूं।उन्होंने कहा कि वरिष्ठ नेता और पूर्व सांसद विनय कटियार का अयोध्या में पहला हक है।मैं कहूंगा कि उनको यहां से चुनाव लड़ाया जाय। उन्होंने कहा कि नंदिनीनगर में राष्ट्रकथा हर साल होगी और मैं जब तक जीवित रहूंगा तब तक अनवरत होती ही रहेगी। 8 जनवरी को मेरा जन्मदिवस था।इस समय राष्ट्रकथा के कारण व्यस्तता थी।इसके बाद हेमंत दास नहीं थे तो उनके बिना मैं अयोध्या कैसे आता। सूजीसी विवाद पर उन्होंने सर्वोच्च न्यायालय का आभार जताया। कहा कि देश एक बड़े विवाद से बच गया।इसका विषय अब समाप्त हो गया है। अब यूजीसी उस स्वरूप में नहीं आएगा। मैं हनुमानगढ़ी की पावनभूमि पर हूं।यूजीसी से देश का ताना-बाना बिगड़ जाता है। हमारे विद्यालय में हर जाति के लोग आते हैं और खेलते हैं।हनुमानगढ़ी पर हम लोग कुश्ती लड़ते थे तब कहां जाति पूछते थे। यह उपेंद्र बाबा है कौन बालीवाल के खिलाड़ी हैं।इनसे कौन जाति पूछने जाता है।
सोनभद्र एसपी अभिषेक वर्मा के निर्देश पर सोनभद्र पुलिस ने शनिवार को वाराणसी मे भोला प्रसाद जायसवाल की छह करोड़ की और सम्पत्ति जब्त करने की कार्रवाई शुरु कर दी है। पुलिस अधीक्षक सोनभद्र अभिषेक वर्मा ने बताया कि न्यायालय के आदेश पर एनडीपीएस एक्ट के तहत नशीले कफ सिरप तस्करी के आरोपी भोला प्रसाद जायसवाल की छह करोड़ की संपत्ति शनिवार को जब्त करने की कार्रवाई चल रही है। उन्होंने बताया कि इसमें भोला प्रसाद जायसवाल और उनके सहयोगियों की नशीले कफ सिरप कारोबार के संगठित अपराध से अर्जित छह करोड़ की सम्पत्ति जिसमे सात अचल संपत्तियां, चार वाहन और बैंक में जमा धनराशि शामिल है। एसपी ने बताया कि इससे पूर्व भी भोला प्रसाद जायसवाल की 28.50 करोड़ रुपये की अवैध सम्पत्ति जब्त की जा चुकी है। एसपी ने कहा कि नशीले कफ सिरप कारोबार से जुड़े आरोपियों की अन्य संपत्तियों को भी चिन्हित करने का कार्य किया जा रहा है। एसपी अभिषेक वर्मा ने बताया कि भोला प्रसाद जायसवाल और उनके सहयोगियों की नशीले कफ सिरप कारोबार के संगठित अपराध से अर्जित सात अचल सम्पत्तियां जब्त की जा रही हैं। इसमें वाराणसी के मड़ौली एवं भरलाई तहसील सदर तथा जगदीशपुर तहसील पिंडरा में कुल 07 अचल संपत्तियां शामिल हैं, जिनकी कीमत लगभग चार करोड 55 लाख दो हजार है। इसके अलावा चार वाहन जिनकी कीमत 51 लाख 16 हजार तथा बैंक में जमा 70 लाख 99 हजार रुपये की धनराशि जब्त करने की कार्रवाई चल रही है। एसपी ने बताया कि मादक औषधियों की तस्करी एवं उससे अर्जित अवैध संपत्तियों के विरुद्ध कठोर, प्रभावी एवं निरंतर वैधानिक कार्यवाही आगे भी जारी रहेगी।
बांका जिले के अमरपुर थाना क्षेत्र के भिखनपुर गांव में शनिवार को कूड़ा फेंकने को लेकर दो पक्षों में हिंसक झड़प हो गई। इस घटना में एक महिला सहित पांच लोग घायल हो गए, जिनमें से दो की हालत गंभीर बताई जा रही है। घायलों में पहले पक्ष से श्रीनारायण शर्मा सलिल और उनके पुत्र प्रियवर्त शर्मा शामिल हैं। दूसरे पक्ष से राजीव शर्मा, उनकी पत्नी सोनी देवी और गोपाल शर्मा घायल हुए हैं। सभी घायलों का प्राथमिक उपचार रेफरल अस्पताल में डॉ. अमित कुमार शर्मा ने किया। श्रीनारायण शर्मा और उनके पुत्र प्रियवर्त शर्मा की गंभीर स्थिति को देखते हुए उन्हें बेहतर इलाज के लिए मायागंज भागलपुर रेफर कर दिया गया है। बीच-बचाव में आए बेटे को भी पीटाअस्पताल में भर्ती श्रीनारायण शर्मा सलिल ने बताया कि वह अपने घर के बाहर पीसीसी सड़क पर झाड़ू लगाकर साफ-सफाई कर रहे थे। तभी उनके पड़ोसी राजीव शर्मा, उनकी पत्नी सोनी देवी और अन्य परिजनों ने सड़क पर कूड़ा फैला दिया। इसका विरोध करने पर उन लोगों ने ईंट-पत्थर और लाठी-डंडों से उन पर हमला कर दिया। जब उनका पुत्र बीच-बचाव करने आया, तो उसे भी पीटकर घायल कर दिया गया। वहीं, दूसरे पक्ष के घायल राजीव शर्मा ने बताया कि श्रीनारायण शर्मा आए दिन सड़क पर झाड़ू लगाकर सारा कूड़ा उनके दरवाजे पर फेंक देते थे। उन्होंने कई बार ऐसा करने से मना किया, लेकिन वह अपनी आदतों से बाज नहीं आए। झाड़ू लगाकर कूड़ा दरवाजे पर फेंका शनिवार को फिर से श्रीनारायण शर्मा ने सड़क पर झाड़ू लगाकर कूड़ा उनके दरवाजे के पास फेंक दिया। इसका विरोध करने पर श्रीनारायण शर्मा और उनके पुत्र ने अपने अन्य परिजनों के साथ मिलकर लाठी-डंडों से उन पर हमला कर दिया। जब उनके भाई और पत्नी बीच-बचाव करने आए, तो उन्हें भी पीटकर घायल कर दिया गया। थानाध्यक्ष पंकज कुमार झा ने बताया कि दोनों पक्षों के मामलों की जांच की जा रही है। आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।
पटना सिटी में युवक की चाकू गोदकर हत्या:आलमगंज के कंटाही घाट से मिला शव, एफएसएल की टीम कर रही जांच
पटना सिटी के आलमगंज थाना क्षेत्र स्थित कंटाही घाट से शनिवार को एक 25 वर्षीय युवक का शव बरामद हुआ है। स्थानीय लोगों ने गंगा किनारे शव देखकर पुलिस को सूचना दी, जिसके बाद आलमगंज थाना पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर जांच शुरू की। पुलिस के अनुसार, मृतक की उम्र लगभग 25 साल है। शव पर गंभीर चोटों के निशान मिले हैं, जिससे प्रथम दृष्टया चाकू गोदकर हत्या की आशंका जताई जा रही है। पुलिस का अनुमान है कि युवक की हत्या कहीं और की गई होगी और फिर सबूत मिटाने के इरादे से शव को गंगा में फेंक दिया गया, जो कंटाही घाट के पास किनारे आ लगा। घटनास्थल पर फॉरेंसिक साइंस लैब (एफएसएल) टीम को बुलाया गया, जिसने महत्वपूर्ण साक्ष्य एकत्र किए। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए नालंदा मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल (एनएमसीएच) भेज दिया है। मौत के सही कारणों का खुलासा पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही हो पाएगा। पुलिस पहचान करने में जुटी खबर लिखे जाने तक मृतक की पहचान नहीं हो सकी है। पुलिस आसपास के थानों में दर्ज गुमशुदगी की रिपोर्टों की जांच कर रही है और स्थानीय लोगों से पूछताछ कर रही है। इसके अतिरिक्त, घाट और आसपास के क्षेत्रों में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज भी खंगाली जा रही है, ताकि घटना से जुड़े सुराग मिल सकें। आलमगंज थाना प्रभारी राहुल कुमार ठाकुर ने बताया कि मामले की गंभीरता को देखते हुए हर पहलू से जांच की जा रही है। उन्होंने कहा कि हत्या के पीछे आपसी रंजिश, लूटपाट या किसी अन्य आपराधिक कारण की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता। पुलिस ने अज्ञात के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज कर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है।
पश्चिमी सिंहभूम जिले के बड़ाजामदा थाना क्षेत्र में एक युवक की पत्थर से कूचकर हत्या कर दी गई। यह घटना गुरुवार रात बाई साई बस्ती में हुई। मृतक की पहचान 25 वर्षीय रवि सांडिल उर्फ चंडी के रूप में हुई है, जो एक अधूरे मकान की छत पर सो रहा था। घटना की सूचना मिलने पर शुक्रवार देर शाम बड़ाजामदा पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर थाने पहुंचाया और पोस्टमार्टम के लिए चाईबासा सदर अस्पताल भेजा। घटनास्थल से खून से सना पत्थर और एक चाकू बरामद किया गया। मृतक के पिता दुला सांडिल के बयान पर प्राथमिकी दर्ज की गई है। पुलिस ने इस मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए शनिवार को आरोपी बिंदु जोजो सामंत को गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में आरोपी ने अपना अपराध स्वीकार कर लिया। इसके बाद उसे न्यायिक हिरासत में चाईबासा जेल भेज दिया गया है। दोनों के बीच किसी बात को लेकर विवाद हुआ था मृतक के पिता दुला सांडिल ने पुलिस को बताया कि गुरुवार को उनके बेटे रवि और उसके दोस्त बिंदु जोजो के बीच किसी बात को लेकर विवाद हुआ था। यह विवाद मारपीट तक पहुंच गया था और आरोपी ने रवि को पत्थर से मारकर जान लेने की धमकी भी दी थी। स्थानीय लोगों के हस्तक्षेप से उस समय मामला शांत हो गया था। पुलिस को संदेह है कि इसी पुरानी रंजिश के चलते रात में इस वारदात को अंजाम दिया गया।
हरियाणा में पंचकूला जिले के रायपुरानी तहसीलदार को एंटी करप्शन ब्यूरो (ACB) की टीम ने गिरफ्तार किया है। तहसीलदार विक्रम सिंगला पर आरोप है कि उन्होंने 17 बीघा जमीन की गलत तरीके से रजिस्ट्री करा दी। ACB के मुताबिक, 2017 में रायपुरानी तहसील से जुड़े इस मामले में CBI जांच के बाद जमीन पर स्टे (र) लगाया गया था। बावजूद इसके तहसीलदार विक्रम सिंगला ने जमीन के रजिस्ट्री हांसी के बड़ाला गांव के रहने वाले एक व्यक्ति के नाम पर कर दी। आज कोर्ट में पेश करेगी ACB केस से जुड़े अधिकारियों ने बताया कि गिरफ्तारी के बाद आज तहसीलदार विक्रम सिंगला को पंचकूला की कोर्ट में पेश किया जाएगा। कोर्ट से अपील की जाएगी कि आरोपी तहसीलदार को रिमांड पर दिया जाए। बताया जा रहा है कि इस मामले में और भी बड़े खुलासे हो सकते हैं। रिमांड के दौरान बड़े अधिकारियों की मिली भगत के बारे में भी जांच की जाएगी। पंजाब में पिता रह चुके अफसर ये भी जानकारी मिली है कि विक्रम सिंगला काफी समय से अंबाला और पंचकूला जिले की विभिन्न तहसीलों में तैनात रहे हैं। अंबाला जिले के बाद कालका और अब रायपुररानी तहसील में अपनी सेवाएं दे रहे थे। जानकारी मिली है कि सिंगला के पिता पंजाब में बड़े पदों पर रह चुके हैं। अभी सिंगला चंडीगढ़ के सेक्टर 27 में अपने परिवार के साथ रह रहे हैं। 2022 में RTI का जवाब न देने के आरोप लगे 2022 में जब विक्रम सिंगला कालका में तहसीलदार के पद पर तैनात थे, तब उन पर RTI के तहत मांगी गई जानकारी न देने के आरोप लगे थे। इसके बाद राज्य सूचना आयोग ने इस मामले में आदेश दिए, लेकिन सिंगला ने फिर भी जवाब नहीं दिया। तब आयोग ने उन्हें नोटिस जारी कर पूछा कि देरी के लिए क्यों न उन पर प्रतिदिन 250 रुपए का जुर्माना लगाया जाए। इसके बाद आयोग ने उन्हें तलब किया था।
साध्वी प्रेम बाईसा के निधन को लेकर मामा गंगाराम ने कहा- प्रेम बाईसा के माता-पिता सन्यासी बन गए इसके बाद दो की उम्र में ननिहाल में आ गई। माता-पिता भक्ति करने के लिए जोधपुर और बालोतरा जिले की सीमा के गांव जास्ती चले गए। शुरुआती शिक्षा हमारे गांव परेऊ के पास पूनियों की बेरी गांव की सरकारी स्कूल में हुई। मेरी सिस्टर अमरू देवलोक हो गए। फिर बाईसा वहीं पिता वीरमनाथ के साथ रहने लग गई। ननिहाल में रही तब तक उन्होंने सन्यास जैसी बात उन्होंने नहीं बताई। जास्ती में पिता के साथ रहने के बाद जोधपुर में कृपाराम जी महाराज के आश्रम में रही। वहां पर शिक्षा ग्रहण की। आगोलाई गांव के सालूराम की कॉलेज में पढ़ी। 12 साल की उम्र में करती थीं भागवत मामा ने बताया- जोधपुर में कृपाराम महाराज के आश्रम में रही। वहीं पर भागवत कथा सीखी। प्रेम बाईसा ने 12 साल की उम्र में कथा करनी शुरू कर दी थी। भागवत कथा करते थे। सात की कथा चलती है। वहीं ननो बाई का मायरा, भागवत कथा और रामकथा भी करते थे। मामा ने कहा कि पूरा परिवार सन्यासी है तब प्रेम बाइसा ने भी सन्यास लेने का प्रण ले लिया। मैंने मेरे हाथों से बड़ा किया था। जब प्रेम बाईसा की छोटी-मोटी बात होती थी। तब मेरे से शेयर करते थे। अजमेर में कथा चल रही थी उससे दौरान मेरे पास फोन आया था। कोई छोटा-मोटा काम था। उन्होंने मुझे कोई गंभीर कोई बात नहीं बताई। गाड़ी के गेट और कांच तोड़ दिए मामा ने कहा मैं जयपुर में रहता हूं बच्चे वहीं पर पढ़ते है। हैडीक्राफ्ट का जॉब करता हूं। आश्रम में वीरमनाथ अकेले थे। वहां पर एक स्टूडेंट था। कुछ लोगों ने रात में उपद्रव किया। यह मेरे को सही नहीं लगा। परिवार का कोई आदमी आ जाए तब पोस्टमार्टम के लिए लेकर जाए। वहां वीरमनाथ महाराज अकेले है। वो अकेले कहां पर लेकर जाए। हंगामा करने वाले थे। वो हंगामा करके निकल जाते हैं। भगवा को मॉर्च्युरी में रखवाना साधु संत ही निर्णय ले सकते हैं। महाराज वीरमनाथ ने कहा सुबह परिवार और साधु संत आ जाएंगे। फिर पोस्टमार्टम करवा देंगे। यह तो कराना ही था। तब लोगों ने उपद्रव किया। गाड़ी के लॉक तक तोड़ दिए। इंजेक्शन से गई थी जान मामा ने प्रेम बाइसा की मौत के इंजेक्शन से हुई है। यह तो तय है कि इंजेक्शन लगने के बाद घटना हुई है। अगर इंजेक्शन नहीं लगाते तो प्रेम बाईसा की जान बच सकती थी। बुखार से आदमी कभी जाता नहीं है। गला खराब या सांस की थोड़ी बहुत दिक्कत है तो यह घटना नहीं होती। प्रेम बाईसा का प्रण- जहां मां ने समाधि ली वहां बनाऊं आश्रम गंगाराम ने बताया- जीते जी बहुत इच्छाएं होती है लेकिन जास्ती गांव में जहां पर बहन ने समाधि ली थी। वहां पर बालाजी मंदिर की प्राण-प्रतिष्ठा होने वाली थी। भागवत का प्रोग्राम भी था। आश्रम भी बन रहा है। जास्ती में माताजी के नाम का आश्रम बनाना प्रेम बाईसा का प्रण था। आश्रम का काम शुरू हो गया है लेकिन अभी तक पूरा नहीं हुआ है। उन्होंने खुद का आश्रम आरती नगर जोधपुर में बना रखा है। पढ़ें ये खबर भी… 'इंजेक्शन लगाने के 30-सेकंड बाद बाईसा की मौत हो गई':पिता बोले- उसके अंतिम शब्द थे 'मुझे न्याय दिलाना', इसलिए 4 घंटे बाद इंस्टाग्राम पोस्ट की साध्वी प्रेम बाईसा को जैसे ही इंजेक्शन लगाया गया, 30 सेकंड में उनकी हालत बिगड़ गई। वे चीखने लगीं, सांस लेने में तकलीफ हुई और कफ निकलने लगा। गेट तक पहुंचते-पहुंचते बेहोश हो गईं और फिर दम तोड़ दिया। (पढ़ें पूरी खबर)
हिसार जिले के देवा गांव के पास शनिवार को हुए सड़क हादसे में एक युवक की मौत हो गई, जबकि उसका पिता गंभीर रुप से घायल हो गया। घायल को उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। मृतक युवक की पहचान फतेहाबाद जिले के गांव जांडली खुर्द निवासी प्रवीन के रुप में हुई है, जबकि घायल का नाम बिल्लू है। दोनों बाइक पर सवार होकर सिवानी मंडी जा रहे थे। हादसा उस समय हुआ, जब वे एक ट्राले को ओवरटेक कर रहे थे। इसी दौरान पीछे से आई एक कार ने उनकी बाइक को टक्कर मार दी। जिससे बाइक असंतुलित होकर ट्राले से भिड़ गई। इस हादसे में प्रवीन की मौके पर ही मौत हो गई। सीवर लाइन बिछाने का लिया था ठेका हादसे में प्रवीन के पिता बिल्लू को सिर और पैर में गंभीर चोटें आई हैं। राहगीरों की सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची और घायल को उपचार के लिए हिसार के नागरिक अस्पताल में भर्ती करवाया गया। वहीं प्रवीन के शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए नागरिक अस्पताल भिजवाया गया। पोस्टमार्टम के लिए अस्पताल पहुंचे परिजनों ने बताया कि बिल्लू ने सिवानी मंडी में सीवरेज बिछाने का ठेका लिया हुआ था। पिछले दो दिनों से काम बंद था और शनिवार को वे काम के सिलसिले में सिवानी मंडी जा रहे थे। इसी दौरान रास्ते में यह हादसा हो गया। पुलिस ने बताया कि मृतक के परिजनों के बयान दर्ज किए जा रहे हैं। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद आगामी कानूनी कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की गहनता से जांच में जुटी हुई है।
नवादा के राजकीय अभियंत्रण महाविद्यालय परिसर में 30 जनवरी 2026 को रासायनिक, जैविक, विकिरणीय और परमाणु (सीबीआरएन) आपदाओं से निपटने की तैयारियों का आकलन करने के लिए एक मॉक अभ्यास आयोजित किया गया। इस अभ्यास का मुख्य उद्देश्य जोखिम न्यूनीकरण, पूर्व तैयारी, त्वरित प्रतिक्रिया और विभिन्न एजेंसियों के बीच समन्वय की प्रभावशीलता को परखना था। मॉक अभ्यास के दौरान, राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (एनडीआरएफ) ने सीबीआरएन आपदा की एक काल्पनिक स्थिति का प्रदर्शन किया। इंसिडेंट रिस्पॉन्स सिस्टम का व्यावहारिक प्रदर्शन इसमें कमांड एवं नियंत्रण प्रणाली, त्वरित सूचना संप्रेषण, वैज्ञानिक प्रतिक्रिया प्रणाली और घटना प्रतिक्रिया तंत्र (इंसिडेंट रिस्पॉन्स सिस्टम) का व्यावहारिक प्रदर्शन शामिल था। अभ्यास ने यह दर्शाया कि सीबीआरएन घटना की स्थिति में समय पर लिए गए निर्णय, त्वरित कार्रवाई और समन्वित प्रयास जान-माल के नुकसान को न्यूनतम कर सकते हैं। इसमें पहचान, संक्रमणमुक्तिकरण, बचाव कार्य और चिकित्सीय प्राथमिकता निर्धारण से संबंधित मानक संचालन प्रक्रियाओं का भी प्रदर्शन किया गया। इस अवसर पर यह भी रेखांकित किया गया कि सीबीआरएन आपदाओं से निपटने में प्रथम प्रतिक्रिया तंत्र की भूमिका सर्वाधिक महत्वपूर्ण होती है। छात्रों व प्राध्यापकों ने लिया भाग इस मॉक अभ्यास में स्वास्थ्य विभाग, अग्निशमन सेवा, आपदा प्रबंधन विभाग और राजकीय अभियंत्रण महाविद्यालय के छात्रों व प्राध्यापकों ने सक्रिय रूप से भाग लिया। अभ्यास के बाद, अंतर-विभागीय समन्वय, संसाधनों की उपलब्धता, संचार व्यवस्था और क्षमता संवर्धन से संबंधित बिंदुओं पर अंतराल विश्लेषण किया गया। इसके आधार पर आवश्यक सुधारात्मक उपायों पर विस्तृत विचार-विमर्श हुआ। कार्यक्रम में राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (9वीं बटालियन, बिहटा, पटना) के उप-कमांडेंट, नवादा के सहायक आपदा प्रबंधन पदाधिकारी और विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।
भाजपा प्रदेशाध्यक्ष मदन राठौड़ ने पेपरलीक पर कांग्रेस पर जुबानी हमला बोला, उन्होंने कहा कि पिछली सरकार के समय पेपरलीक और OMR शीट बदलने के जो भी मामले सामने आए हैं, उनमें लगातार लोग पकड़े जा रहे हैं और जेलों में बंद हो रहे हैं। बड़े-बड़े लोग सामने आ रहे हैं। उन्होंने कहा कि पेपरलीक में जो भी शामिल है, वह बचेगा नहीं। जो भी पकड़ा जाएगा या जांच के आधार पर जो भी आरोपी साबित होगा, उसे सजा जरूर मिलेगी। ये बयान राठौड़ ने झुंझुनूं जाते समय सीकर में मीडिया से बातचीत के दौरान दिया। दरअसल, शनिवार को भाजपा प्रदेश अध्यक्ष मदन राठौड़ का झुंझुनूं जाते समय सीकर के गोकुलपुरा तिराहे पर होटल गोल्डन ट्री पर भाजपा कार्यकर्ताओं ने स्वागत किया। इस दौरान यूडीएच मंत्री झाबर सिंह खर्रा सहित पार्टी के कई पदाधिकारी और कार्यकर्ता मौजूद रहे। अब गांव में तय होगा कि हमारे गांव में क्या बनना चाहिए उन्होंने कहा कि आज मुझे कोई भी बता दे कि पिछली सरकार के समय नरेगा के अंदर कोई निर्माण हुआ हो और आज वह खड़ा हो। अब गांव में तय होगा कि हमारे गांव में क्या बनना चाहिए। ग्रामीण स्तर पर तय होने के बाद 15 दिन में रोजगार देना शुरू करना है, इसकी गारंटी है। हमने 100 दिन से बढ़ाकर 125 दिन रोजगार देने का काम किया है। मजदूर आएगा तो उसकी डिजिटल एंट्री होगी राठौड़ ने कहा कि पेमेंट की गारंटी भी रहेगी। यदि किसी मजदूर ने काम किया है और उसे समय पर पेमेंट नहीं मिला तो उसमें पेनल्टी देने का प्रावधान हमने किया है। मजदूर आएगा तो उसकी डिजिटल एंट्री होगी। इससे काम भी सुनिश्चित और पक्का होगा जो विकसित भारत की दिशा में एक मील का पत्थर साबित होगा। सरकार ऐसा समावेशी बजट पेश करेगी, जिससे हर वर्ग को फायदा मिलेगा केंद्र सरकार और प्रदेश सरकार के आने वाले बजट पर मदन राठौड़ ने कहा कि दोनों ही सरकार ऐसा समावेशी बजट पेश करेगी, जिससे हर वर्ग को फायदा मिलेगा। एक अच्छा जनहित का बजट आएगा।
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष मदन राठौड़ का आज झुंझुनूं जाते समय सीकर के गोकुलपुरा तिराहे पर होटल गोल्डन ट्री पर भाजपा कार्यकर्ताओं ने स्वागत किया। इस दौरान यूडीएच मंत्री झाबर सिंह खर्रा सहित पार्टी के कई पदाधिकारी और कार्यकर्ता मौजूद रहे। स्वागत के बाद मीडिया से बातचीत में मदन राठौड़ ने कहा कि पेपरलीक में जो भी शामिल है वह बचेगा नहीं। जांच में जो भी आरोपी साबित होगा उसे सजा मिलेगी। कांग्रेस को अब खाने को नहीं मिल रहा है। मीडिया से बातचीत में मदन राठौड़ ने कहा कि पिछली सरकार के समय पेपरलीक और OMR शीट बदलने के जो भी मामले सामने आए हैं उनमें लगातार लोग पकड़े जा रहे हैं और जेलों में बंद हो रहे हैं। कोई भी बचेगा नहीं। बड़े-बड़े लोग सामने आ रहे हैं जो भी इसमें पकड़ा जाएगा या जांच के आधार पर आरोपी साबित होगा उसे सजा जरूर मिलेगी। मदन राठौड़ ने कहा कि कांग्रेस को खाने को नहीं मिल रहा है। पहले भ्रष्टाचार होते थे, जॉब कार्ड लोगों के घरों में मिलते थे। कोई चेन्नई में नौकरी कर रहा होता और उसका जॉब कार्ड यहां बन जाता। लोगों के घरों में लाखों जॉब कार्ड मिले हैं। पहले भ्रष्टाचार होता था। आज मुझे कोई भी बता दे कि पिछली सरकार के समय नरेगा के अंदर कोई निर्माण हुआ हो और आज वह खड़ा हो। अब गांव में तय होगा कि हमारे गांव में क्या बनना चाहिए। ग्रामीण स्तर पर तय होने के बाद 15 दिन में रोजगार देना शुरू करना है, इसकी गारंटी है। 100 दिन से बढ़ाकर 125 दिन रोजगार देने का काम हमने किया है। पेमेंट की गारंटी भी रहेगी। यदि किसी मजदूर ने काम किया है और उसे समय पर पेमेंट नहीं मिला तो उसमें पेनल्टी देने का प्रावधान हमने किया है। मजदूर आएगा तो उसकी डिजिटल एंट्री होगी। इससे काम भी सुनिश्चित और पक्का होगा जो विकसित भारत की दिशा में एक मील का पत्थर साबित होगा। केंद्र सरकार और प्रदेश सरकार के आने वाले बजट पर मदन राठौड़ ने कहा कि दोनों ही सरकार ऐसा समावेशी बजट पेश करेगी जिससे हर वर्ग को फायदा मिलेगा। एक अच्छा जनहित का बजट आएगा।
कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष अजय राय प्रदेश प्रभारी अश्वनी पांडे के साथ शनिवार को वृंदावन पहुंचे। जहां उन्होंने बांके बिहारी जी के दर्शन किए और पूजा अर्चना की। बांके बिहारी मंदिर पहुंचने पर उनका स्थानीय कांग्रेस नेताओं ने स्वागत किया। पूजा अर्चना की बांके बिहारी मंदिर पहुंचे कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष अजय राय और प्रदेश प्रभारी अश्वनी पांडे ने दीपक जलाया और पूजा अर्चना की। मंदिर पहुंचने पर उनको गोस्वामी और हाई पावर मैनेजमेंट कमेटी के सदस्य शैलेन्द्र गोस्वामी और श्री वर्धन गोस्वामी ने उनको भगवान का प्रसादी अंग वस्त्र और प्रसाद भेंट किया। यहां वह करीब आधा घंटे तक रहे। गोस्वामी परिवार की महिलाओं से की मुलाकात बांके बिहारी के दर्शन कर बाहर आए कांग्रेस नेताओं ने गोस्वामी परिवार की महिलाओं से मुलाकात की और उन्हें आश्वस्त किया कि वह कॉरिडोर और मंदिर न्यास के विरोध में उनके साथ हैं। कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि सरकार विकास के नाम पर विनाश करेगी। यह सब उजाड़ देंगे। उन्होंने कहा हम गोस्वामी और उनके परिवार की महिलाओं द्वारा की जा रही मांग का समर्थन करते हैं। मुख्यमंत्री के दौरे पर गोस्वामी परिवार का किया अपमान कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष अजय राय ने कहा कि मुख्यमंत्री के पिछले दिनों हुए दौरे के दौरान गोस्वामी और उनके परिवार की महिलाओं का अपमान किया गया,दुर्व्यवहार किया उसकी निंदा करते हैं। उन्होंने कहा इसके साथ ही हम प्रतिबद्ध हैं यहां विनाश नहीं होने देंगे। जिस तरह काशी में किया बाबा के दरवार में वैसा यहां करना चाह रहे हैं। उन्होंने कहा हमारी सरकार से मांग है कि कॉरिडोर की योजना को तत्काल निरस्त किया जाए। शंकराचार्य की मांग का किया समर्थन अजय राय ने दैनिक भास्कर से खास बातचीत करते हुए कहा कि वह शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद की मांग का समर्थन करते हैं। जिस तरह से उनका अपमान किया गया उन्होंने जो गौ माता की मांग की है उसका समर्थन करते हैं। उन्होंने असली नकली हिंदू के सवाल पर कहा कि वह शंकराचार्य हैं,बाबा शिव के स्थान पर बैठे है। इस दौरान उनके साथ पूर्व CLP लीडर प्रदीप माथुर,कांग्रेस जिलाध्यक्ष मुकेश धनगर,महानगर अध्यक्ष यतीन्द्र मुकद्दम,सोहन सिंह सिसौदिया,दीपक पाराशर आदि प्रमुख रूप से मौजूद रहे।
सिवनी स्थित प्रसिद्ध पेंच टाइगर रिजर्व में जंगल सफारी के दौरान पर्यटकों को एक तेंदुआ बेखौफ होकर चहलकदमी करता दिखा। सफारी पर निकले पर्यटकों को दुर्लभ नजारा देखने को मिला। खुले रास्ते पर तेंदुए को शान से चलते दिखे। इस घटना का वीडियो भी सामने आया है। पेंच नेशनल पार्क में देश-विदेश से बड़ी संख्या में पर्यटक मुख्य रूप से बाघों को देखने आते हैं। हालांकि, यहां तेंदुओं की भी अच्छी-खासी संख्या मौजूदगी है। सफारी के दौरान जब पर्यटकों की जिप्सी एक वन मार्ग से गुजर रही थी, तभी सामने से एक तेंदुआ आता दिखाई दिया। वीडियो में स्पष्ट दिख रहा है कि तेंदुआ बिना किसी डर के जंगल की ओर बढ़ रहा था। इस दुर्लभ नजारे ने पर्यटकों के सफारी अनुभव को यादगार बना दिया। पेंच नेशनल पार्क घने जंगलों और टाइगर रिजर्व के लिए प्रसिद्ध पेंच नेशनल पार्क मध्य प्रदेश के सिवनी और छिंदवाड़ा जिलों में विस्तृत है, जिसका एक हिस्सा महाराष्ट्र के नागपुर जिले तक भी फैला हुआ है। पेंच नदी के नाम पर स्थापित इस राष्ट्रीय उद्यान को वर्ष 1975 में राष्ट्रीय उद्यान का दर्जा प्राप्त हुआ था, जिसके बाद इसे टाइगर रिजर्व घोषित किया गया। यह अभयारण्य अपने घने जंगलों, हरे-भरे घास के मैदानों और पहाड़ियों के लिए प्रसिद्ध है। 250 से अधिक पक्षी प्रजातियों का घर है पार्क पेंच टाइगर रिजर्व को विश्वप्रसिद्ध लेखक रुडयार्ड किपलिंग की कृति द जंगल बुक से प्रेरित जंगल भी माना जाता है। यहां बाघ और तेंदुए के अतिरिक्त भालू, जंगली कुत्ता, चीतल, सांभर, नीलगाय और गौर जैसे कई अन्य वन्यजीव भी पाए जाते हैं। इसके अलावा, यहां पक्षियों की 250 से अधिक प्रजातियां दर्ज की गई हैं, जो इसे पक्षी प्रेमियों के लिए भी एक महत्वपूर्ण स्थान बनाती हैं। पर्यटन की दृष्टि से पेंच नेशनल पार्क का विशेष महत्व है। यहां पर्यटकों को जीप सफारी और हाथी सफारी के जरिए जंगल भ्रमण की सुविधा उपलब्ध है। अक्टूबर से जून तक का समय यहां भ्रमण के लिए सर्वाधिक उपयुक्त माना जाता है। पेंच टाइगर रिजर्व न केवल पर्यटन को बढ़ावा देता है, बल्कि वन्यजीव संरक्षण और पर्यावरणीय संतुलन बनाए रखने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।
धौलपुर में सोने-चांदी का काम करने वाले व्यापारियों ने जिला पुलिस अधीक्षक को ज्ञापन सौंपकर आपराधिक तत्वों से सुरक्षा और भयमुक्त व्यापारिक वातावरण सुनिश्चित करने का अनुरोध किया गया है। सर्राफा व्यापार कमेटी ने ज्ञापन में उल्लेख किया कि पिछले कुछ महीनों में सोने-चांदी के भावों में अप्रत्याशित वृद्धि हुई है। इस वैश्विक उतार-चढ़ाव के कारण सर्राफा व्यापारियों को भारी आर्थिक नुकसान हो रहा है। स्थानीय व्यापार पर इसका सीधा असर पड़ा है, जिससे कई व्यापारियों का व्यवसाय प्रभावित हुआ है और मानसिक तनाव भी बढ़ा है। कमेटी ने बताया कि पहले ग्राहकों को आवश्यकता पड़ने पर सोने-चांदी के जेवर गिरवी रखकर लोन देने की व्यवस्था केवल व्यापारियों द्वारा की जाती थी। पिछले 5-6 वर्षों से बैंकों ने गोल्ड लोन की सुविधा शुरू की है, लेकिन चांदी के जेवरों पर अभी भी बैंक लोन नहीं देते। बैंकों में गिरवी आभूषणों पर मासिक, तिमाही या छमाही ब्याज की गणना होती है। यदि एक वर्ष तक ब्याज जमा नहीं होता, तो बैंक अपनी क्षतिपूर्ति के लिए गिरवी आभूषणों की नीलामी कर देते हैं। इसी तर्ज पर व्यापारियों ने भी लगभग 12-14 वर्ष पहले एक आम बैठक में आपसी सहमति से गिरवी जेवरों से संबंधित कुछ नियम बनाए थे। इन नियमों के अनुसार गिरवी जेवरों का ब्याज सालाना देय होगा। एक वर्ष बाद ब्याज को मूलधन में जोड़ा जाएगा। साथ ही, गिरवी की तिथि से एक वर्ष तक ब्याज जमा न होने पर गिरवी सामान को बेचने का प्रावधान रखा गया था। कमेटी ने पुलिस अधीक्षक से अनुरोध किया है कि मौजूदा आर्थिक परिस्थितियों में व्यापारियों को असामाजिक और आपराधिक तत्वों से सुरक्षा प्रदान की जाए। इससे वे भयमुक्त होकर अपना व्यापार कर सकेंगे। कमेटी ने बाजार क्षेत्रों में पुलिस गश्त बढ़ाने और संदिग्ध गतिविधियों पर कड़ी निगरानी रखने की भी मांग की है।
संपत्ति के फर्जी और कूट-रचित दस्तावेजों के जरिए केनरा बैंक से 40 लाख रुपए का लोन लेने के मामले में आर्थिक अपराध प्रकोष्ठ (EOW) ने बड़ी कार्रवाई की है। EOW ने बैंक अधिकारियों सहित कुल 5 आरोपियों के खिलाफ धोखाधड़ी, जालसाजी और भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत FIR दर्ज की है। पूरे मामले की जांच इओडब्ल्यू डीएसपी नंदिनी शर्मा ने की। EOW के अनुसार, फरियादी केनरा बैंक क्षेत्रीय कार्यालय इंदौर के उप महाप्रबंधक आनंद शिवानंद तोतड़ ने शिकायत दर्ज कराई थी। जांच में सामने आया कि चंद्रशेखर पचोरी ने मेसर्स आर. शिवम एंड कंपनी के नाम से केनरा बैंक नंदा नगर शाखा में खाता खुलवाया और मशीनरी क्रय के नाम पर 40 लाख रुपए का लोन लिया। ऋण प्रक्रिया के दौरान राममोहन अग्रवाल को को-ऑब्लिगेंट बनाया गया और उनकी संपत्ति को गिरवी दर्शाया गया। बैंक को जो मूल्यांकन और कानूनी रिपोर्ट दी गई, उसमें प्लॉट क्रमांक 277, उषा नगर एक्सटेंशन को निर्विवाद और ऋण के लिए उपयुक्त बताया गया। इसी आधार पर 8 मई 2018 को ऋण स्वीकृत कर दिया गया। जांच में खुलासा EOW की जांच में सामने आया कि जिस संपत्ति को गिरवी दिखाया गया, उस पर पहले ही बहुमंजिला इमारत, फ्लैट और दुकानें बन चुकी थीं और संबंधित फ्लैट वर्ष 2009-10 में ही विक्रय हो चुका था। यानी ऋण स्वीकृति के समय को-ऑब्लिगेंट उस संपत्ति का वास्तविक मालिक नहीं था। इसके बावजूद बैंक कर्मचारियों ने भौतिक सत्यापन और ड्यू डिलिजेंस में गंभीर लापरवाही बरती। ऋण की किश्तें जमा नहीं होने पर 1 मई 2023 को खाता एनपीए घोषित किया गया। इसके बाद पूरे मामले की परतें खुलीं। इन पर दर्ज हुई FIR EOW ने चंद्रशेखर पचोरी, राममोहन अग्रवाल, तत्कालीन शाखा प्रबंधक रजतिन गुप्ता, तत्कालीन क्रेडिट मैनेजर कमलेश दिवानी और एक निजी मार्केटिंग फर्म के प्रोपराइटर के खिलाफ IPC की धारा 420, 467, 468, 471, 120-बी और भ्रष्टाचार निवारण (संशोधन) अधिनियम 2018 की धारा 7 के तहत प्रकरण दर्ज किया है। मामले की विस्तृत विवेचना जारी है। 7 पॉइंट में समझिए…कैसे हुआ घोटाला
बक्सर के वीर कुंवर सिंह चौक पर शुक्रवार को युवाओं ने सदर विधायक आनंद मिश्रा के खिलाफ प्रदर्शन किया। इस दौरान उन्होंने विधायक का पोस्टर जलाकर अपना विरोध दर्ज कराया। प्रदर्शनकारी घायल युवक दीपक गुप्ता को मदद न मिलने का आरोप लगा रहे थे और प्रशासन से न्याय की मांग कर रहे थे। जानकारी के अनुसार, दो दिन पहले बक्सर निवासी दीपक गुप्ता वाणिज्य कर विभाग के एक सरकारी वाहन की टक्कर से गंभीर रूप से घायल हो गए थे। उनकी हालत नाजुक बताई जा रही है, जिसके बाद उन्हें बेहतर इलाज के लिए वाराणसी के बीएचयू ट्रॉमा सेंटर में भर्ती कराया गया है। परिजनों के मुताबिक, दीपक के इलाज का खर्च अब तक चंदा जुटाकर चलाया जा रहा है। ई-रिक्शा चलाकर अपने घर का खर्च चलाते थेविरोध प्रदर्शन का नेतृत्व कर रहे ओम जी यादव ने बताया कि दीपक गुप्ता एक गरीब परिवार से हैं और ई-रिक्शा चलाकर अपने घर का खर्च चलाते थे। उन पर तीन बहनों की जिम्मेदारी है। हादसे के बाद से परिवार आर्थिक संकट का सामना कर रहा है, लेकिन जनप्रतिनिधियों की ओर से कोई सहायता नहीं मिली है। यादव ने आरोप लगाया कि सदर विधायक ने अब तक न तो घायल युवक का हालचाल लिया और न ही किसी प्रकार की मदद की। प्रदर्शनकारियों ने यह भी आरोप लगाया कि जिस सरकारी वाहन से दीपक घायल हुए, उसके खिलाफ अब तक कोई कार्रवाई नहीं की गई है। वाहन चालक फरार बताया जा रहा है। उन्होंने इस मामले में प्रशासन की चुप्पी पर भी सवाल उठाए। सिविल सर्जन को धमकाने का वीडियो ओम जी यादव ने विधायक पर एक और गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि वे अस्पतालों में जाकर डॉक्टरों और स्टाफ पर दबाव बनाते हैं और सोशल मीडिया के लिए वीडियो बनवाते हैं। इससे अस्पताल कर्मी मानसिक दबाव में काम करते हैं। उन्होंने बताया कि कुछ दिन पहले सदर अस्पताल में सिविल सर्जन को सार्वजनिक रूप से धमकाने का एक वीडियो भी वायरल हुआ था, जिसे एक जनप्रतिनिधि के पद की गरिमा के खिलाफ बताया गया। इस घटना के विरोध में कई लोगों ने काली पट्टी बांधकर भी प्रदर्शन किया था। प्रदर्शनकारियों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही दीपक गुप्ता के इलाज और दोषियों पर कार्रवाई नहीं हुई, तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा। फिलहाल चौक पर प्रदर्शन के दौरान पुलिस मुस्तैद रही और स्थिति पर नजर बनाए रखी।
नवादा सदर अस्पताल के पास नवजात शिशु का मिला शव:कपड़े में लपेटकर फेंका गया, कुत्तों ने नोंचकर हटाया
नवादा के सदर अस्पताल के मुख्य सड़क पर एक नवजात शिशु का शव मृत अवस्था में मिला। शिशु को कपड़े में लपेटकर फेंका गया था। स्थानीय लोगों ने बताया कि कुत्तों ने कपड़े को नोंचकर हटाया, जिसके बाद नवजात का शव दिखाई दिया। इस घटना से इलाके में सनसनी फैल गई।स्थानीय निवासियों ने तुरंत इसकी सूचना अधिकारियों को दी, लेकिन लगभग एक घंटे तक कोई जिम्मेदार अधिकारी या कर्मचारी मौके पर नहीं पहुंचा। बाद में सदर अस्पताल के प्रबंधक कुमार आदित्य को जानकारी मिली। उन्होंने तत्काल सफाई कर्मियों को बुलाकर शिशु के शव को वहां से हटवाया। अवैध गर्भपात के बाद बच्चे को फेंकाप्रबंधक कुमार आदित्य ने आशंका जताई कि अस्पताल के आसपास कई निजी अस्पताल और क्लीनिक संचालित हैं। संभवतः उनमें से किसी ने अवैध गर्भपात या असुरक्षित प्रसव के बाद बच्चे को यहां फेंका होगा।बिहार में इस तरह की घटनाएं पहले भी सामने आती रही हैं। कन्या शिशु के प्रति पूर्वाग्रह, गरीबी, जागरूकता की कमी और स्वास्थ्य सुविधाओं की अपर्याप्तता जैसे कारण इन क्रूर कृत्यों को बढ़ावा देते हैं। पुलिस को इस मामले की गहन जांच शुरू करनी चाहिए। इसमें आसपास के निजी अस्पतालों की भूमिका, उपलब्ध सीसीटीवी फुटेज और गवाहों के बयानों को शामिल किया जाना चाहिए। पोस्टमार्टम रिपोर्ट से मौत का कारण होगा स्पष्ट पोस्टमार्टम रिपोर्ट से भी शिशु की मौत का वास्तविक कारण स्पष्ट हो सकेगा। यह घटना समाज में व्याप्त सामाजिक कुरीतियों को उजागर करती है। जहां एक ओर सरकार 'बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ' जैसे अभियान चला रही है, वहीं ऐसी घटनाएं इन प्रयासों की विफलता दर्शाती हैं।नवादा जैसे जिलों में अनाथालयों और 'क्रैडल बेबी स्कीम' जैसी व्यवस्थाओं को मजबूत करने की आवश्यकता है, ताकि अनचाहे बच्चों को सुरक्षित स्थान पर छोड़ा जा सके। निजी अस्पतालों पर सख्त निगरानी, लिंग जांच पर पूर्ण प्रतिबंध और अवैध प्रसव या गर्भपात पर कड़ी कार्रवाई सुनिश्चित की जानी चाहिए।
उत्तर प्रदेश के कृषि मंत्री सूर्य प्रताप शाही ने शनिवार को सिद्धार्थनगर जिले के सोहना स्थित कृषि विज्ञान केंद्र का निरीक्षण किया। उन्होंने केंद्र में संचालित विभिन्न योजनाओं, शोध कार्यों और किसानों के लिए चलाए जा रहे प्रशिक्षण कार्यक्रमों की प्रगति की समीक्षा की। कृषि मंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि नवीन कृषि तकनीकों, उन्नत बीजों और आधुनिक खेती की जानकारी किसानों तक प्रभावी ढंग से पहुंचाई जाए। इसका मुख्य उद्देश्य किसानों की आय में वृद्धि करना है। निरीक्षण के दौरान, मंत्री शाही ने सर्वप्रथम खरैला स्थित फार्म का अवलोकन किया और वहां चल रहे विभिन्न शोध एवं परियोजनाओं की जानकारी ली। इसके बाद वे केंद्र पर पहुंचे, जहां उन्होंने परिसर, प्रयोगशालाओं और प्रशिक्षण कक्षों का भी जायजा लिया। उन्होंने व्यवस्थाओं पर संतोष व्यक्त करते हुए भविष्य में बेहतर कार्य करने के लिए प्रोत्साहित किया। इस अवसर पर सांसद जगदंबिका पाल, कृषि विज्ञान केंद्र के प्रभारी इंजीनियर अशोक पाण्डेय, वैज्ञानिक डॉ. प्रदीप कुमार, डॉ. एसएन सिंह, डॉ. मार्कण्डेय सिंह, डॉ. प्रवेश कुमार, डॉ. सरेवजीत, डॉ. पीके मिश्रा सहित कृषि प्रबंध संस्थान के अधिकारी व कर्मचारी और अन्य गणमान्य व्यक्ति मौजूद रहे।
हरियाणा राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड भिवानी की टीम ने एसडीओ विकास के नेतृत्व में प्रतिबंधित सिंगल यूज प्लास्टिक सामग्री एवं पॉलीथिन का उपयोग पर रोक लगाने एवं पर्यावरण संरक्षण के उद्देश्य से शहर में विभिन्न स्थानों पर अभियान चलाया। इस दौरान 4 दुकानदारों 36 हजार रुपए के चालान काटे गए। पॉल्यूशन कंट्रोल बोर्ड के क्षेत्रीय अधिकारी शैलेंद्र अरोड़ा ने बताया कि शहर के प्रमुख स्थानों पर जागरूकता बैनर भी लगाए, जिनके माध्यम से सिंगल यूज प्लास्टिक के हानिकारक प्रभावों के बारे में आम जनता को जानकारी दी जा रही है। उन्होंने बताया कि सिंगल यूज प्लास्टिक सामग्री एवं पॉलीथिन का उपयोग पर्यावरण के लिए खतरा है। प्रदूषित पर्यावरण से हमारे स्वास्थ्य पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ता है। उन्होंने अभियान के दौरान दुकानदारों के साथ साथ अपील की कि प्रतिबंधित सिंगल यूज प्लास्टिक और पॉलीथिन का प्रयोग ना करें।
छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले में ग्राफिक्स डिजाइनर से आत्महत्या कर ली। मरने से पहले उसने फेसबुक पर टेक्स्ट पोस्ट किया, जिसमें उसने मौत का जिम्मेदार अपनी पत्नी को बताया है। युवक ने आरोप लगाया है कि पत्नी ने उसकी गर्लफ्रेंड पर जादू-टोना कर दिया था। इसके अलावा उसने खुद को डोमेस्टिक वायलेंस का शिकार भी बताया। मामला जामुल थाना क्षेत्र का है। जानकारी के मुताबिक, युवक का नाम भोज नारायण (36) है। जो भिलाई स्थित रुंगटा कॉलेज में सीनियर ग्राफिक्स डिजाइनर था। भोज नारायण शादीशुदा था। लेकिन उसका महिला प्यून के साथ प्रेम संबंध था। जो कि शादीशुदा थी। यह बात उसकी पत्नी को पता थी। जिसका वह विरोध भी करती थी। 28 जनवरी को भोज नारायण ने आत्महत्या कर ली थी। हालांकि, अब फेसबुक पर लिखा गया उसका सुसाइड नोट वायरल हो रहा है। जिसमें उसने लिखा कि मैं पत्नी से तंग आकर यह कदम उठा रहा हूं। मेरे बाकी फैमिली वालों का कोई दोष नहीं है, सब कुछ मेरी वाइफ का किया धरा है। गर्लफ्रेंड को बचाने के लिए जान दे रहा हूं। फेसबुक पोस्ट के साथ भोज ने एक ड्राइव लिंक भी साझा किया, जिसमें पत्नी और अन्य लोगों से जुड़े कुछ चैट के स्क्रीनशॉट होने का दावा किया गया है। फिलहाल, पुलिस इस मामले में पत्नी से पूछताछ कर रही है। देखिए पहले ये तस्वीरें- जानिए क्या है पूरा मामला ? दरअसल, भोज नारायण मूल रूप से गरियाबंद के राजिम का रहने वाला था और भिलाई में किराए के मकान में रहता था। उसकी एक बेटी भी है। कर्ज के कारण वह पिछले कुछ समय से तनाव में था। कुछ दिनों पहले वह घर से लापता हो गया था, जिसके बाद पत्नी ने थाने में गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई। जांच के दौरान सामने आया कि उसका महिला प्यून से प्रेम संबंध था। जांच में यह भी सामने आया है कि भोज अपनी गर्लफ्रेंड को बाहर लेकर गया था। बाद में जब वह उसे छोड़कर घर लौट आया, तो पति-पत्नी के बीच विवाद शुरू हो गया। पत्नी ने उसे समझाने की कोशिश की और संबंध खत्म करने की बात कही, लेकिन भोज नहीं माना और गर्लफ्रेंड के संपर्क में बना रहा। 28 जनवरी को भोज ने घर में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। उस समय वह घर पर अकेला था। मामले की जानकारी मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची, शव को फंदे से उतारा और पोस्टमॉर्टम के लिए भिजवाया। 29 जनवरी को पोस्टमॉर्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया। इसके बाद परिजन अंतिम संस्कार के लिए गांव रवाना हो गए। फिलहाल, जामुल थाना पुलिस ने मामले में मर्ग कायम कर लिया है। पत्नी और परिजनों के बयान दर्ज कर लिए गए हैं। अब पढ़िए बॉयफ्रेंड से सुसाइड नोट में क्या लिखा ? मैं वापस आकर और उसे (गर्लफ्रेंड) भेजकर बहुत बड़ी गलती कर दी। मैं डोमेस्टिक वायलेंस का शिकार हूं। अपनी पत्नी से तंग आकर यह कदम उठा रहा हूं। इसमें मेरे बाकी परिवार वालों का कोई दोष नहीं है। यह सब मेरी पत्नी का किया-धरा है। मुझे पता चला कि गर्लफ्रेंड को कहीं बाहर ले जाया गया था और उसके साथ कुछ किया गया है, ताकि वह मुझे भूल जाए। 30 दिसंबर के बाद से मुझे एहसास होना बंद हो गया था। नहीं तो हमारा प्यार ऐसा था कि हम एक-दूसरे को महसूस कर लेते थे। पहले जब वह मुझे याद करती थी, तकलीफ में होती थी या रोती थी, तो मुझे महसूस होता था। उसका एक टाइम-स्टैम्प भी मैंने नोट करके रखा था। लेकिन मेरी पत्नी ने मेरा फोन वगैरह सब ले लिया और डिलीट कर दिया। इसका मतलब कुछ तो किया है सुनील वर्मा और उसकी फैमिली ने उसके साथ। मुझे तो लगता है कि मेरी पत्नी भी इसमें मिली हुई है। कोई जादू-टोना वगैरह किया गया है। प्लीज, उसे बचा लो। उसके ससुराल वालों ने उसकी जिंदगी खराब करके रख दी है। बेचारी को बंधक बनाकर रखा गया है। वे जो कहते हैं, वही वह करती है। वह पूरी तरह सूख गई है। स्वास्थ्य और कथित उत्पीड़न का आरोप उसका स्वास्थ्य भी ठीक नहीं रहता, इलाज भी नहीं कराया जाता। उन लोगों ने पूरा जादू-टोना कर रखा है। प्लीज, उसके पापा या भाई उसे रेस्क्यू कर लो, उस नर्क से निकाल लो। मैं इतने दिनों से उसे निकालने की ही कोशिश कर रहा था, लेकिन उन्होंने जादू-टोना करके उसे वापस बुला लिया। इस बात का कोई पुख्ता सबूत तो मैं नहीं दे पाऊंगा, लेकिन उसकी सेहत देखकर आप लोग समझ सकते हैं कि वह पहले कैसी थी और अब कैसी हो गई है। पोखराज, प्लीज उसे बचा लो भाई। वह किसी से कुछ नहीं कहती, आप लोगों से भी नहीं, लेकिन उसने मुझे सब कुछ बताया था। अब शायद पूछोगे तो मना कर देगी, क्योंकि अभी वह उनके बस में है। मैं हाथ जोड़कर निवेदन करता हूं, उसे बचा लो। उसे बचाने के लिए ही मैं अपनी जान दे रहा हूं। मेरी पत्नी की सच्चाई ड्राइव लिंक में जाकर देख लेना। जितना वह लोगों के सामने भोली बनती है, उतनी है नहीं। सब भोलेपन का नाटक है। यह सब मेरी वजह से ही हुआ है। कुछ चैट के स्क्रीनशॉट हैं उसके और सुनील के बीच। सुनील को तो बस अपने बच्चे की ही पड़ी थी। अब सच में लग रहा है कि हमने वापस आकर बहुत बड़ी गलती कर दी। इधर मुझे भी जीने नहीं दिया जा रहा और उसको (गर्लफ्रेंड) भी नहीं। सॉरी , हो सके तो मुझे माफ कर देना। लेकिन प्लीज, उस नर्क से बाहर निकलने की कोशिश जरूर करना। पुलिस कर रही जांच जामुल थाना प्रभारी रामेंद्र सिंह के मुताबिक फेसबुक पोस्ट, मोबाइल डेटा और परिजनों के बयान के आधार पर जांच की जा रही है। आत्महत्या के कारणों और लगाए गए आरोपों की सत्यता की पड़ताल की जा रही है। फिलहाल, किसी पर आपराधिक मामला दर्ज नहीं किया गया है।
हरदोई के जहानीखेड़ा में CNG गैस लीक:पेट्रोल पंप पर बड़ा हादसा टला, पूरे इलाके में गैस की गंध फैली
हरदोई के जहानीखेड़ा स्थित देवलपुर गांव के पास एक पेट्रोल पंप पर सीएनजी गैस का रिसाव होने से बड़ा हादसा टल गया। शुक्रवार को हुई इस घटना के दौरान पंप पर अफरा-तफरी मच गई। यह घटना थाना पिहानी क्षेत्र के एक एचपी (हिंदुस्तान पेट्रोलियम) पंप पर हुई। सीएनजी फिलिंग के दौरान अचानक तकनीकी खराबी के कारण गैस पाइपलाइन से तेज दबाव के साथ गैस निकलने लगी। देखते ही देखते पूरे इलाके में गैस की गंध फैल गई, जिससे आग लगने का गंभीर खतरा पैदा हो गया। गैस रिसाव और उसकी तेज आवाज से पंप पर मौजूद कर्मचारी और लोग अपनी जान बचाने के लिए इधर-उधर भागने लगे। हालांकि, पास के देवलपुर गांव के कुछ ग्रामीणों और एक स्थानीय पत्रकार ने साहस दिखाते हुए वाल्व बंद करने का प्रयास किया। काफी मशक्कत के बाद गैस का रिसाव रोका जा सका। ग्रामीणों का कहना है कि यदि समय रहते रिसाव नहीं रुकता, तो पास में मौजूद पेट्रोल और डीजल के स्टॉक के कारण बड़ा धमाका हो सकता था, जिससे जान-माल का भारी नुकसान होता। इस घटना ने पंप पर सुरक्षा मानकों और आपातकालीन स्थितियों से निपटने के लिए कर्मचारियों के प्रशिक्षण पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं। फिलहाल स्थिति सामान्य है, लेकिन घटना के बाद कुछ देर के लिए पंप पर दहशत का माहौल बना रहा।
जैतपुर थाना क्षेत्र के सरैया गांव में शनिवार सुबह एक निर्माण कार्य के दौरान हाई वोल्टेज लाइन की चपेट में आने से 60 वर्षीय मजदूर की मौत हो गई। हादसे में मजदूर का पुत्र बाल-बाल बच गया। घटना के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई। जानकारी के अनुसार, शेखपुरा परिवारी गांव निवासी सुक्कू (60) अपने पुत्र हरिराम के साथ सरैया गांव में जितेंद्र दुबे के घर मजदूरी करने गए थे। शनिवार सुबह करीब 9 बजे, घर के निर्माण में उपयोग होने वाले सरिया को सीधा करते समय वह पास से गुजर रही हाई वोल्टेज लाइन के संपर्क में आ गया। सरिया के तार के संपर्क में आते ही उसमें तेज करंट दौड़ गया। करंट का झटका लगते ही हरिराम दूर जा गिरा और सुरक्षित बच गया, लेकिन पिता सुक्कू इसकी चपेट में आ गए। घटना के बाद आसपास मौजूद लोगों ने तत्काल दोनों को बचाने का प्रयास किया। घायल सुक्कू को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र जलालपुर पहुंचाया गया, जहां चिकित्सकों ने जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया। इस सूचना से परिवार में मातम छा गया। बताया जा रहा है कि मृतक सुक्कू मजदूरी कर अपने परिवार का पालन-पोषण करता था। उनके परिवार में दो पुत्र और दो पुत्रियां हैं, जिनकी शादी हो चुकी है। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और शव का पंचनामा भरकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। जैतपुर थाना अध्यक्ष थीरेंद्र कुमार ने बताया कि मौत की सूचना प्राप्त हुई है और मामले की जांच की जा रही है।
हाथरस जिले के सासनी कोतवाली क्षेत्र के अंतर्गत गोहाना चौकी के पास दिल्ली-टूंडला रेलवे ट्रैक पर शनिवार की सुबह करीब 11 बजे एक हादसा हो गया। यहाँ ट्रेन की चपेट में आने से 21 वर्षीय युवती की मौके पर ही मौत हो गई। घटना की जानकारी मिलते ही खेतों में काम कर रहे किसान और ग्रामीण तुरंत मौके पर पहुंचे। उन्होंने तत्काल स्थानीय पुलिस को इसकी सूचना दी। देखिए हादसे से जुड़ी 2 तस्वीरें… घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण सूचना पाकर गोहाना चौकी इंचार्ज जोगिंदर सिंह पुलिस बल के साथ घटनास्थल पर पहुँचे। पुलिस ने सबसे पहले ट्रैक से शव को हटाकर और घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण किया। शुरुआती शिनाख्त के प्रयासों के बाद मृतका की पहचान गोहाना निवासी राजकुमार की पुत्री मोना उम्र 21 के रूप में हुई। पुलिस ने परिजनों को दी सूचना शिनाख्त होते ही पुलिस ने परिजनों को सूचित किया। परिवार के सदस्य मौके पर पहुँचे और घटना से गहरे सदमे में थे। मृतका के चाचा शीशपाल ने बताया कि राजकुमार का परिवार वर्तमान में सिंह नगला स्थित एक ईंट भट्टे पर रहकर मजदूरी करता है। 6-7 महीने पहले ही तय हुआ था रिश्ता मोना भट्टे से अपने पैतृक गाँव गोहाना जा रही थी, तभी रेलवे ट्रैक पार करते समय वह दुर्घटना का शिकार हो गई। उन्होंने बताया कि मोना तीन बहनों और एक भाई में सबसे बड़ी थी। लगभग 6-7 महीने पहले ही मोना का रिश्ता तय हुआ था और घर में उसकी शादी की तैयारियाँ शुरू होने वाली थीं। पोस्टमार्टम के लिया भेजा गया शव पुलिस ने शव का पंचनामा भरकर उसे पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। मामले की जाँच शुरू कर दी गई है। गोहाना चौकी इंचार्ज जोगिंदर सिंह ने बताया कि मृतक का शव कब्जे में लेकर पंचनामा की कार्रवाई करते हुए शव को पोस्टमार्टम के लिया भेजा जा रहा है। मामले में जांच जारी है।
खगड़िया के परबत्ता थाना में एक युवक ने जबरन विवाह और मारपीट का आरोप लगाते हुए लिखित शिकायत दर्ज कराई है। डुमरिया खुर्द गांव निवासी मन्नयम कुमार ने आरोप लगाया है कि उसे अगवा कर पिस्टल के बल पर शादी के लिए मजबूर किया गया। मन्नयम कुमार के अनुसार, यह घटना 29 जनवरी को दोपहर करीब 2 बजे हुई। गांव के ही कमल कुमार राय उन्हें गाय दिखाने के बहाने कन्हैयाचक गांव ले गए। इसके बाद उन्हें विभिन्न गांवों में घुमाते हुए सिराजपुर पहुंचाया गया, जहां उनका मोबाइल फोन चार्ज कराने के बहाने ले लिया गया। मारपीट से जुड़ी तस्वीरें… पिस्टल दिखाकर शादी करने का दबाव बनायाजब युवक ने घर लौटने की जिद की, तो 5-6 लोगों ने उसे पकड़ लिया और पिस्टल दिखाकर शादी करने का दबाव बनाया। विरोध करने पर उसके साथ मारपीट की गई। पीड़ित का कहना है कि उसी रात करीब 11 बजे कुंदन कुमारी से उसका जबरन विवाह करा दिया गया। बाद में पुलिस को सूचना मिलने पर हस्तक्षेप किया गया और युवक को मुक्त कराया गया। वहीं, लड़की पक्ष ने युवक द्वारा लगाए गए सभी आरोपों को निराधार बताया है। उनका कहना है कि विवाह आपसी सहमति से हुआ है और जबरन शादी कराने का आरोप बेबुनियाद है। दोनों पक्षों के बयान दर्ज किए जा रहेपरबत्ता थाना प्रभारी सुमंत कुमार ने बताया कि मामले में शिकायत प्राप्त हो गई है। एफआईआर दर्ज कर ली गई है और दोनों पक्षों के बयान दर्ज किए जा रहे हैं। पुलिस पूरे मामले की गहनता से जांच कर रही है। थाना प्रभारी ने कहा कि सभी तथ्यों की जांच के बाद ही सच्चाई सामने आएगी और जांच के आधार पर आगे की विधिसम्मत कार्रवाई की जाएगी।
चूरू में बीकानेर रेंज आईजी के निर्देश पर चलाए जा रहे एरिया डोमिनेशन अभियान के तहत कोतवाली पुलिस ने 3 लोगों को गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई जिले में अपराधियों पर अंकुश लगाने और आमजन में सुरक्षा की भावना मजबूत करने के उद्देश्य से की गई। कोतवाली थानाधिकारी सुखराम चोटिया ने बताया कि एसपी जय यादव के निर्देश पर हार्डकोर अपराधियों, संगठित अपराधियों, मादक पदार्थ तस्करों, अवैध हथियार रखने वालों, टॉप-10 वांछित अपराधियों, इनामी अपराधियों और संपत्ति संबंधी अपराधों में लिप्त आदतन अपराधियों के खिलाफ विशेष अभियान चलाया गया। अभियान के तहत अपराधियों के रिहायशी और संभावित ठहरने के स्थानों पर दबिश दी गई। चूरू शहर में व्यापक तलाशी अभियान चलाया गया, जिसमें पुलिस टीमों ने रेलवे स्टेशन, बस स्टैंड, होटल, ढाबे, धर्मशालाएं और अन्य संदिग्ध स्थानों पर जांच की। संदिग्ध व्यक्तियों और गतिविधियों की गहनता से चैकिंग भी की गई। इस अभियान के दौरान पुलिस ने शहर के अलग-अलग इलाकों से तीन संदिग्ध युवकों को हिरासत में लिया। गिरफ्तार किए गए लोगों में वार्ड 24 निवासी रिजवान उर्फ टिनी, वार्ड 49 निवासी बादल झाजड़ा और ढाणी पूनियां के सुरेश शामिल हैं। तीनों को नियमानुसार एसडीएम के समक्ष पेश किया गया।
पश्चिमी सिंहभूम जिले के कराईकेला थाना क्षेत्र में शुक्रवार शाम एक 31 वर्षीय महिला की धारदार हथियार से हमला कर हत्या कर दी गई। यह घटना बालपोस मैदान के समीप सुनसान इलाके में हुई, जिससे क्षेत्र में तनाव और आक्रोश का माहौल है। मृतका की पहचान किशनुपुर गांव निवासी मेलगांडी के रूप में हुई है। जानकारी के अनुसार, वह शुक्रवार को कराईकेला साप्ताहिक बाजार गई थीं। बाजार से लौटते समय शाम करीब 5:30 बजे बालपोस टांड़ के पास घात लगाए अज्ञात अपराधियों ने लोहे की रॉड से उनके सिर पर कई वार किए। हमले में महिला के सिर से अत्यधिक रक्तस्राव हुआ, जिसके कारण उनकी मौके पर ही मौत हो गई। घटना की सूचना मिलते ही कराईकेला थाना प्रभारी प्यारे हसन पुलिस बल के साथ घटनास्थल पर पहुंचे और शव को अपने कब्जे में लिया। पुलिस ने तत्काल परिजनों को इसकी जानकारी दी। महिला के शव को पोस्टमार्टम के लिए अनुमंडल अस्पताल चक्रधरपुर भेजा गया था। हालांकि, शाम हो जाने के कारण पोस्टमार्टम नहीं हो सका। इसके बाद शव को रेलवे अस्पताल चक्रधरपुर के शीतगृह में सुरक्षित रखा गया है। होमगार्ड बहाली में चयन हुआ था बताया जा रहा है कि घटना के समय मृतका का 9 वर्षीय पुत्र विवेक मेलगांडी भी उनके साथ मौजूद था। बालक सदमे में है और फिलहाल पुलिस को कोई ठोस जानकारी नहीं दे पा रहा है। पुलिस अज्ञात हत्यारों की तलाश में जुट गई है और मामले की हर पहलू से जांच की जा रही है। उल्लेखनीय है कि मृतका मेलगांडी का हाल ही में होमगार्ड बहाली में चयन हुआ था। पुलिस हत्या के पीछे की वजह का पता लगाने के लिए गहन जांच कर रही है। इस घटना के बाद स्थानीय लोगों में गहरा आक्रोश है और क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था को लेकर सवाल उठने लगे हैं।
हरियाणा के नूंह जिले से एक चौंकाने वाली घटना सामने आई है। यहां एक पिता पर अपनी 9 वर्षीय बेटी से रेप करने का आरोप लगा है। पीड़िता की मां की शिकायत पर महिला थाना पुलिस ने कार्रवाई करते हुए आरोपी पिता को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस को दी गई शिकायत में पीड़िता की मां ने बताया कि वह कुछ समय के लिए अपनी बेटी को उसके पिता के पास छोड़कर मायके गई थी। इसी दौरान आरोपी पिता ने घर में मोबाइल फोन पर अश्लील वीडियो देखने के बाद अपनी बेटी के साथ रेप किया। जब मां वापस लौटी, तो बच्ची ने रोते हुए उसे पूरी घटना बताई। ससुराल वालों ने किया मामला दबाने का प्रयास महिला ने बताया कि उसने इस घटना की जानकारी अपने ससुराल वालों को दी, लेकिन उन्होंने मामले को दबाने का प्रयास किया और कोई कार्रवाई करने से इनकार कर दिया। इसके बाद महिला अपने बच्चों को लेकर मायके चली गई और वहां अपने परिजनों को पूरी बात बताई। परिजनों ने महिला थाना में शिकायत दर्ज कराई। महिला थाना प्रभारी मंजू ने मामले का संज्ञान लेते हुए आरोपी के खिलाफ पॉक्सो एक्ट सहित संबंधित धाराओं में मामला दर्ज किया। पुलिस ने तुरंत कार्रवाई करते हुए आरोपी पिता को गिरफ्तार कर लिया है। उसे न्यायिक प्रक्रिया के तहत अदालत में पेश करने की तैयारी की जा रही है।
अमृतसर रेलवे स्टेशन के अंदर एक बुज़ुर्ग महिला के साथ चेन-स्नेचिंग की वारदात सामने आई है। आरोप है कि स्टेशन परिसर में चलते समय एक अज्ञात युवक ने महिला के कानों से सोने की बालियां खींच लीं और मौके से फरार हो गया। इस घटना के बाद स्टेशन पर कुछ समय के लिए अफरा-तफरी का माहौल बन गया। पीड़ित बुज़ुर्ग महिला ने बताया कि वह स्टेशन परिसर से गुजर रही थी, तभी एक युवक उनके साथ-साथ चलने लगा। अचानक युवक ने उनके कानों पर झपट्टा मारा और बालियां खींचकर फरार हो गया। महिला के शोर मचाने पर आसपास मौजूद लोगों ने मदद की और रेलवे पुलिस को सूचना दी गई। सीसीटीवी में वारदात नहीं, संदिग्ध युवक दिखा घटना की जानकारी मिलते ही रेलवे पुलिस मौके पर पहुंची और महिला से पूरी जानकारी हासिल की। पुलिस ने स्टेशन परिसर में लगे सीसीटीवी कैमरों की जांच की। हालांकि, सीसीटीवी फुटेज में बालियां खींचने की पूरी वारदात स्पष्ट रूप से कैद नहीं हुई है, लेकिन एक संदिग्ध युवक महिला के साथ-साथ चलते हुए जरूर दिखाई दे रहा है। रेलवे पुलिस का कहना है कि सीसीटीवी फुटेज के आधार पर संदिग्ध की पहचान करने की कोशिश की जा रही है। साथ ही स्टेशन के अन्य कैमरों और आसपास के इलाकों की फुटेज भी खंगाली जा रही है, ताकि आरोपी तक पहुंचा जा सके। आरोपी की तलाश तेज, सुरक्षा पर उठे सवाल पुलिस ने भरोसा दिलाया है कि जल्द ही आरोपी को गिरफ्तार कर लिया जाएगा। इस घटना के बाद रेलवे स्टेशन की सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवाल खड़े हो गए हैं। यात्रियों ने मांग की है कि स्टेशन परिसर में सुरक्षा और निगरानी को और मजबूत किया जाए, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं को रोका जा सके। फिलहाल रेलवे पुलिस मामले की जांच में जुटी हुई है।
राष्ट्रीय कृमि मुक्ति दिवस पर समन्वय बैठक:बलरामपुर में 12.66 लाख बच्चों को दवा खिलाने की योजना
बलरामपुर में राष्ट्रीय कृमि मुक्ति दिवस के सफल आयोजन के लिए जनपद स्तरीय अंतर्विभागीय समन्वय बैठक आयोजित की गई। यह बैठक कलेक्ट्रेट सभागार में हुई, जिसकी अध्यक्षता जिलाधिकारी बिपिन कुमार जैन ने की। मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. मुकेश कुमार रस्तोगी ने बताया कि जनपद में कुल 12,66,835 बच्चों को कृमि मुक्ति की दवा खिलाई जाएगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि जो बच्चे 10 फरवरी को दवा सेवन से वंचित रह जाएंगे, उन्हें मॉप-अप राउंड के तहत 13 फरवरी 2026 को दवा दी जाएगी, ताकि कोई भी पात्र बच्चा इस अभियान से छूटे नहीं। जिलाधिकारी ने सभी संबंधित विभागों को आपसी समन्वय के साथ इस अभियान को प्रभावी ढंग से संचालित करने के निर्देश दिए। बैठक में स्वास्थ्य विभाग, बाल विकास एवं पुष्टाहार विभाग, पंचायती राज विभाग और शिक्षा विभाग के जनपद एवं ब्लॉक स्तरीय अधिकारियों ने भाग लिया। जिलाधिकारी ने विद्यालयों, आंगनबाड़ी केंद्रों और पंचायत स्तर पर व्यापक प्रचार-प्रसार, दवा वितरण की निगरानी और बच्चों की शत-प्रतिशत कवरेज सुनिश्चित करने पर विशेष जोर दिया।
अयोध्या के खंडासा थाना क्षेत्र में एक 65 वर्षीय महिला ने आत्महत्या कर ली। ढोली आसकरन ग्राम पंचायत स्थित कप्तान तारा तालाब के पास एक पेड़ से उनका शव लटका मिला। यह घटना देर रात की बताई जा रही है। सुबह शौच के लिए तालाब की ओर गए ग्रामीणों ने शव देखकर स्थानीय पुलिस को सूचना दी। सूचना मिलने पर पहुंची पुलिस ने शव को पेड़ से नीचे उतारा और पंचनामा कर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। मृतक महिला की पहचान बरियारपुर गांव निवासी मंगल पत्नी धर्मराज (65) के रूप में हुई है। उनके पति धर्मराज का पहले ही निधन हो चुका था। महिला के दो बेटे गुजरात में मजदूरी करते हैं। कंदई कला चौकी के प्रभारी दरोगा ने बताया कि शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है। घटना के बाद परिजनों का बुरा हाल है।
उत्तर प्रदेश बार काउंसिल चुनाव के चौथे चरण के तहत प्रतापगढ़ जिले में शनिवार को दूसरे दिन भी मतदान जारी रहा। जिला मुख्यालय प्रतापगढ़ सहित लालगंज और कुंडा के न्यायालय परिसरों में बनाए गए मतदान केंद्रों पर सुबह दस बजे से अधिवक्ताओं ने अपने मताधिकार का प्रयोग किया। मतदान प्रक्रिया शाम पांच बजे तक चलेगी।शनिवार सुबह तक जिला न्यायालय प्रतापगढ़ में लगभग 500 मत डाले जा चुके थे। लालगंज दीवानी न्यायालय में 70 अधिवक्ताओं ने मतदान किया, जबकि कुंडा दीवानी न्यायालय परिसर में 100 से अधिक मत पड़े। शुक्रवार को पहले दिन का मतदान शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुआ था। जिला मुख्यालय प्रतापगढ़ में कुल 4,090 मतदाताओं में से 1,568 अधिवक्ताओं ने अपने मताधिकार का प्रयोग किया। यहां मतदान के लिए 13 बूथ बनाए गए थे।लालगंज दीवानी न्यायालय में कुल 395 मतदाताओं में से 197 अधिवक्ताओं ने पहले दिन मतदान किया। कुंडा दीवानी न्यायालय परिसर में 650 मतदाताओं में से 281 अधिवक्ताओं ने वोट डाले।जिले में मतदान प्रक्रिया की समग्र देखरेख जिला न्यायाधीश राजीव कमल पांडेय द्वारा की जा रही है। लालगंज दीवानी न्यायालय में अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश रघुवीर सिंह राठौड़ और अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट विराट मणि त्रिपाठी के संरक्षण में मतदान संपन्न कराया जा रहा है। कुंडा दीवानी न्यायालय परिसर में एसीजेएम आकृति गौतम को पीठासीन अधिकारी नियुक्त किया गया है, जिनकी निगरानी में चुनाव प्रक्रिया चल रही है। न्यायालय परिसरों में सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं। जिला कचहरी के प्रमुख प्रवेश द्वारों पर भारी पुलिस बल तैनात है। गेट नंबर तीन और पांच पर विशेष सतर्कता बरती जा रही है। गेट नंबर पांच से वादकारियों का प्रवेश प्रतिबंधित होने के कारण मुकदमों की पैरवी के लिए आए कुछ लोगों को असुविधा का सामना भी करना पड़ा। अधिवक्ताओं के बयान- पूर्व अध्यक्ष अजय शुक्ला गुड्डू ने कहा कि बार काउंसिल चुनाव में अधिवक्ताओं की सुरक्षा, सम्मान और अधिकार सबसे बड़ा मुद्दा है और जो प्रत्याशी इन मुद्दों को मजबूती से उठा रहे हैं, उन्हें ही समर्थन मिलेगा। अधिवक्ता आशीष सिंह ने कहा कि बढ़ते हमलों और असुरक्षा को देखते हुए मुद्दों के आधार पर मतदान जरूरी है और जो प्रत्याशी अधिवक्ताओं की सुरक्षा के लिए लड़ रहे हैं, वोट उन्हीं को दिया जाएगा। अधिवक्ता हर्षद श्रीवास्तव ने भी अधिवक्ताओं के हित को सर्वोपरि बताते हुए कहा कि सुरक्षा और सम्मान के लिए ईमानदारी से काम करने वाले प्रत्याशी ही योग्य हैं। अधिवक्ता सुमित त्रिपाठी वत्सल ने बुजुर्ग अधिवक्ताओं के लिए पेंशन और नवयुवक अधिवक्ताओं के लिए प्रोत्साहन राशि को अहम मुद्दा बताते हुए कहा कि जो प्रत्याशी वरिष्ठों के सम्मान और युवाओं के भविष्य को सुरक्षित करने की ठोस योजना रखते हैं, उन्हीं को उनका समर्थन मिलेगा। मतदान केंद्रों के आसपास प्रत्याशी और इनके समर्थक अपने-अपने पक्ष में क्रम संख्या को लेकर नारेबाजी करते भी नजर आए। दूसरे दिन भी मतदान शांतिपूर्ण ढंग से जारी है। शाम पांच बजे मतदान समाप्त होने के बाद जिले में कुल मतदान प्रतिशत स्पष्ट होगा और इसके साथ ही प्रतापगढ़ जिले में बार काउंसिल चुनाव की प्रक्रिया पूरी हो जाएगी।
धौलपुर शहर के कोतवाली थाना क्षेत्र स्थित ऐतिहासिक घंटाघर पर शनिवार को एक सांड चढ़ गया। इस घटना से इलाके में अफरा-तफरी मच गई और सांड को घंटाघर पर चढ़ा देख मौके पर लोगों की भारी भीड़ जमा हो गई। सूचना मिलते ही नगर पालिका की टीम मौके पर पहुंची और सांड को सुरक्षित नीचे उतारने के प्रयास शुरू किए। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार सांड अचानक घंटाघर की ऊंचाई तक पहुंच गया, जिससे राहगीरों और स्थानीय लोगों में दहशत फैल गई। नगर पालिका कर्मियों ने सांड को उतारने के लिए रस्सियों और अन्य उपायों का सहारा लिया। किसी भी अप्रिय घटना को रोकने के लिए मौके पर पुलिस बल भी तैनात रहा। धौलपुर जिले का यह घंटाघर जिले का सबसे ऊंचा घंटाघर है। ऐसे में इतनी ऊंचाई से एक सांड को सुरक्षित नीचे उतारना प्रशासन के लिए एक बड़ी चुनौती बन गया था। नगर परिषद के लगातार प्रयासों के बाद आखिरकार सांड को सुरक्षित रूप से घंटाघर से नीचे उतार लिया गया।
कांग्रेस ने मनरेगा बचाने के लिए किया प्रदर्शन:भदोही के चार ब्लॉकों में बाबासाहेब प्रतिमा के पास धरना
भदोही में कांग्रेस पार्टी ने मनरेगा बचाओ संग्राम के तहत विभिन्न ब्लॉकों में धरना प्रदर्शन किया। यह प्रदर्शन बाबासाहेब डॉ. भीमराव अंबेडकर की प्रतिमाओं के पास आयोजित किया गया, जिसमें मनरेगा को ग्रामीण परिवारों की जीवनरेखा बताते हुए इसे कमजोर करने का आरोप लगाया गया। सुरियावां ब्लॉक में 52 बीघा तालाब स्थित बाबासाहेब अंबेडकर की प्रतिमा के पास ब्लॉक अध्यक्ष सुरेश चौहान और ब्लॉक प्रभारी सुबुकतगीन अंसारी के नेतृत्व में प्रदर्शन हुआ। इसी प्रकार, अभोली ब्लॉक के ग्राम गुआली में ब्लॉक अध्यक्ष रमाशंकर बिंद, जिला उपाध्यक्ष त्रिलोकीनाथ बिन्द और ब्लॉक प्रभारी जिला दुबे के नेतृत्व में कार्यक्रम आयोजित किया गया। भदोही ब्लॉक के ग्राम चेतनीपुर में ब्लॉक अध्यक्ष शिवपूजन मिश्रा और ब्लॉक प्रभारी व जिला उपाध्यक्ष राजेश्वर दुबे ने धरना प्रदर्शन किया। औराई ब्लॉक में ब्लॉक अध्यक्ष राजा राम दुबे, प्रभारी सुरेश गौतम और जिला महासचिव अवधेश पाठक के नेतृत्व में मनरेगा बचाओ संग्राम के तहत धरना दिया गया। इस अवसर पर उत्तर प्रदेश कांग्रेस कमेटी के कोऑर्डिनेटर व भदोही प्रभारी दयाशंकर पांडेय और जिला कांग्रेस कमेटी भदोही के अध्यक्ष वसीम अंसारी ने कहा कि मनरेगा देश के गरीब, मजदूर, किसान और ग्रामीण परिवारों की जीवनरेखा है। उन्होंने आरोप लगाया कि वर्तमान सरकार की नीतियों के कारण मनरेगा को कमजोर किया जा रहा है। कांग्रेस पार्टी ने मजदूरों के हक की लड़ाई सड़क से सदन तक मजबूती से लड़ने का संकल्प लिया। पूर्व जिला अध्यक्ष डॉ. राजेंद्र कुमार दुबे ‘राजन’ और मनरेगा बचाओ संग्राम के कोऑर्डिनेटर सुरेश चंद्र मिश्रा ने जोर देकर कहा कि जब तक मनरेगा को पूरी तरह से बहाल नहीं किया जाता और मजदूरों को समय पर काम व भुगतान नहीं मिलता, तब तक कांग्रेस पार्टी का यह आंदोलन लगातार जारी रहेगा। धरना प्रदर्शन में पं. दीनानाथ दुबे, अवधेश पाठक, शमशीर अहमद, संदीप कुमार दुबे, नाजिम अली, जजलाल राय, लक्ष्मी शंकर चौबे, शक्ति मिश्रा, नितिन सिंह, महेश चंद्र मिश्रा, राजनाथ यादव, धर्मेंद्र पटेल, कुंदन मिश्रा, ओमप्रकाश मिश्रा, राकेश पाल, धीरज पाल, वंशीधर शुक्ल, करन मौर्य, शिव प्रकाश गौतम, जयप्रकाश दुबे, केशव सरोज, राकेश मिश्रा, उदय नारायण राय, धीरज बिंद, पोर्टर दुबे, शिवकुमार गौतम, हरिश्चंद्र दुबे, राजेश सरोज, संजय पांडेय, मकोई लाल बिंद, अजय प्रजापति, दीपक मिश्रा, जल्लू यादव, रंजीत कनौजिया, यश कनौजिया, हेमंत कनौजिया, पोटर दूबे, चौधरी सरोज, अमृतलाल सहित कई अन्य कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
हापुड़ में स्ट्रीट डॉग पर तेजाब फेंकने का मामला:डीएम से शिकायत, जांच और कार्रवाई का मिला आश्वासन
उत्तर प्रदेश के हापुड़ जनपद के मोहल्ला पटेल नगर में बेसहारा कुत्तों और उनके बच्चों पर तेजाब फेंकने तथा जहरीला पदार्थ खिलाने का मामला सामने आया है। इन घटनाओं में कई कुत्तों की मौत हो गई है, जबकि कुछ गंभीर रूप से झुलस गए हैं। स्थानीय निवासियों ने जिलाधिकारी से इसकी शिकायत की है। आरोप है कि कोई अज्ञात व्यक्ति रात के समय इन घटनाओं को अंजाम दे रहा है। वह आवारा कुत्तों और उनके बच्चों पर तेजाब फेंक रहा है और उन्हें खाने में जहरीला पदार्थ मिलाकर मार रहा है। इस कारण कई कुत्ते गंभीर रूप से घायल हुए हैं और कुछ की मौत हो चुकी है। पटेल नगर निवासी धीरज शर्मा ने जिलाधिकारी अभिषेक पांडेय से इस संबंध में शिकायत की है। उन्होंने बताया कि कुत्तों के बच्चों पर लगातार तेजाब डाला जा रहा है, जिससे उनकी मौके पर ही मौत हो रही है। कुछ कुत्ते गंभीर रूप से घायल अवस्था में तड़पते हुए पाए गए हैं। धीरज शर्मा ने मांग की है कि मोहल्ले में रात के समय नियमित पुलिस गश्त कराई जाए, ताकि ऐसी घटनाओं को रोका जा सके और आरोपी को पकड़ा जा सके। पशु प्रेमियों और स्थानीय नागरिकों ने भी दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। जिलाधिकारी अभिषेक पांडेय ने मामले को गंभीरता से लिया है। उन्होंने जांच कराने और आवश्यक कार्रवाई करने का आश्वासन दिया है।
नागौर शहर के सबसे बड़े मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य केंद्र में जननी सुरक्षा योजना के तहत चल रही एम्बुलेंस सेवा पर सवाल खड़े हो गए हैं। परिवहन विभाग की अचानक जांच में सामने आया कि प्रसूताओं को सुरक्षित घर पहुंचाने के लिए तैनात 5 एम्बुलेंस गाड़ियां डाक्यूमेंट्स और फिटनेस से जुड़ी शर्तें पूरी नहीं की जा रही हैं। जांच में 5 एम्बुलेंस पाई गईं मानकों से बाहरमौके पर खड़ी एम्बुलेंसों की बारीकी से जांच करने पर एक के बाद एक कुल पांच गाड़ियां ऐसी मिलीं जिनके फिटनेस सर्टिफिकेट और अन्य जरूरी डाक्यूमेंट्स सही नहीं थे। इन सभी पांच एम्बुलेंसों के मौके पर ही चालान काटे गए। अधिकारियों के पहुंचते ही आधी गाड़ियां हुईं गायबछापेमारी के दौरान एक संदिग्ध स्थिति भी सामने आई। परिवहन विभाग के अधिकारियों के अस्पताल पहुंचने की सूचना मिलते ही वहां खड़ी पांच अन्य एम्बुलेंस रहस्यमय तरीके से हटा ली गईं। चर्चा है कि ठेकेदार ने कार्रवाई से बचने के लिए इन गाड़ियों को पहले ही वहां से हटवा दिया, जिससे उसकी मंशा पर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं। MCH विंग में कुल 10 एम्बुलेंस तैनात हैं, लेकिन जांच के समय केवल पांच ही मौके पर मिलीं। दो एम्बुलेंस जब्त, अतिरिक्त हेडलाइट्स बनी कारणRT इंस्पेक्टर जगदीश चौधरी ने बताया कि जांच के दौरान पाई गई पांचों एम्बुलेंसों के चालान बनाए गए, जिनमें से दो एम्बुलेंस को डिटेन किया गया है। इन गाड़ियों में अतिरिक्त हेडलाइट्स लगी थीं, जो सामने से आने वाले वाहनों के लिए खतरनाक हो सकती हैं। जब तक ये अतिरिक्त लाइट्स नहीं हटाई जाएंगी, इन एम्बुलेंसों का संचालन नहीं किया जाएगा। एमसीएच प्रभारी को दिए निर्देशजगदीश चौधरी ने एमसीएच विंग प्रभारी को निर्देश दिए हैं कि नियमों का पालन होने तक इन एम्बुलेंसों को सड़कों पर नहीं उतारा जाए। उन्होंने भविष्य में भी नियमों की अनदेखी पाए जाने पर सख्त कार्रवाई की चेतावनी दी है। गैस किट को लेकर उन्होंने स्पष्ट किया कि मौके पर मौजूद एम्बुलेंसों में फिलहाल कोई गैस किट नहीं पाई गई। रिपोर्ट सौंपकर आगे की कार्रवाई की तैयारीपरिवहन विभाग ने पूरी कार्रवाई के बाद अपनी रिपोर्ट और चालान की कॉपी एमसीएच विंग प्रभारी को सौंप दी है। अब स्वास्थ्य विभाग को तय करना है कि नियमों की अनदेखी करने वाले ठेकेदार और संबंधित कर्मियों पर क्या कार्रवाई की जाती है। मामले में जुर्माना, लाइसेंस और टेंडर रद्द होने की प्रक्रिया भी शुरू हो सकती है।
दमोह जिले के तेंदूखेड़ा थाना क्षेत्र के सहरी गांव में शनिवार सुबह मोबाइल चार्ज करते समय करंट लगने से एक महिला की मौत हो गई। परिजनों ने महिला को तत्काल स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। मृतक महिला की रश्मि की दो बेटियां हैं। पुलिस के अनुसार, सहरी गांव निवासी रश्मि गौड़ (30) (पति नरेश गौड़ उर्फ मुकेश) शनिवार सुबह करीब 11 बजे अपने घर में मोबाइल फोन चार्ज कर रही थीं। इसी दौरान इलेक्ट्रिक बोर्ड के पास मौजूद एक कटी हुई डोरी के संपर्क में आने से उन्हें करंट लग गया। करंट लगते ही महिला बेहोश होकर जमीन पर गिरी करंट लगने से डोरी उनके हाथ में चिपक गई और वह चीखते हुए जमीन पर गिर पड़ीं। आवाज सुनकर उनके पति नरेश घर के अंदर पहुंचे और रश्मि को बेहोश जमीन पर पड़ा पाया। परिजन तुरंत उन्हें निजी वाहन से सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले गए। वहां जांच के बाद डॉक्टरों ने रश्मि को मृत घोषित कर दिया। सूचना मिलने पर तेंदूखेड़ा पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा और मर्ग कायम कर मामले की जांच शुरू कर दी है। पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया।
श्री महाकालेश्वर मंदिर में शिव नवरात्रि पर्व मनाने की परंपरा है। इस यह आयोजन 6 से 15 फरवरी तक चलेगा। खास बात यह है कि इस बार 10 दिन तक शिव नवरात्रि महा उत्सव मनाया जाएगा। शिवनवरात्रि महापर्व को भव्य एवं सुव्यवस्थित रूप से सम्पन्न कराने के लिए श्री महाकालेश्वर मंदिर प्रशासन द्वारा तैयारियां प्रारंभ कर दी गई हैं। पर्व की तैयारियों के अंतर्गत मंदिर के मुख्य शिखर की धुलाई, मंदिर परिसर की रंग-रोगन (पुताई), कोटितीर्थ कुंड की सफाई तथा मंदिर परिसर एवं आसपास के क्षेत्रों की व्यापक सफाई कार्य सतत रूप से किया जा रहा है। शिव नवरात्रि पर्व के दौरान भगवान महाकाल का विशेष पूजन किया जाएगा। 10 दिन तक भगवान महाकाल का अलग अलग स्वरूप में श्रृंगार किया जाएगा। भगवान शिव के विवाह उत्सव का प्रारंभ कोटेश्वर महादेव के पूजन से होगा। जानिए, किस दिन क्या होगा 6 फरवरी : भांग चंदन शृंगारकोटितीर्थ पर स्थित श्री कोटेश्वर महादेव का पूजन-अर्चन करने के बाद भगवान की पूजा प्रारंभ होगी। मुख्य पुजारी पं. घनश्याम शर्मा के आचार्यत्व में 11 ब्राह्मण देश-प्रदेश की सुख-समृद्धि और खुशहाली की कामना के साथ रूद्राभिषेक प्रारंभ करेंगे। 7 फरवरी : नवीन वस्त्र 3 बजे पूजन के पश्चात भगवान श्री महाकाल को नवीन वस्त्र धारण कर श्रृंगारित कर पूजा-अर्चना होगी। 8 फरवरी : शेषनाग शृंगारशेषनाग धारण करने के बाद भक्त महाकाल के दर्शन करेंगे। श्री महाकालेश्वर भगवान का अभिषेक एकादश-एकादशनी रूद्रपाठ से किया जाएगा। सायं पूजन के पश्चात श्री महाकाल को नवीन वस्त्र धारण करवाए जाएंगे। भगवान श्री महाकालेश्वर मुकुट, मुंड माला और फलों की माला के साथ शेषनाग धारण करेंगे। 9 फरवरी : घटाटोप शृंगारसायं पूजन के पश्चात बाबा महाकाल श्री घटाटोप स्वरूप में भक्तों को दर्शन देंगे। बाबा महाकाल को नवीन वस्त्र अर्पित कर कटरा, मेखला, दुपट्टा, मुकुट, मुण्डमाल, छत्र, माला एवं फलों की माला पहनाई जाएगी। 10 फरवरी : छबीना शृंगारसायं पूजन के पश्चात बाबा महाकाल ने छबीना स्वरूप धारण कर भक्तों को दर्शन देंगे। जिसमें प्रात: श्री महाकालेश्वर मंदिर के नैवैद्य कक्ष में भगवान श्री चंद्र मौलेश्वर का पूजन होगा तथा कोटितीर्थ कुंड के पास स्थापित श्री कोटेश्वर महादेव के पूजन के पश्चात बाबा श्री महाकाल को नवीन पीले रंग के वस्त्र धारण करवाए जाएंगे। भगवान श्री महाकालेश्वर के श्री छबीना रूप का श्रृंगार कर बाबा को मुकुट, मुण्ड माला एवं फलों की माला धारण की जाएगी। 11 फरवरी : होलकर शृंगारप्रात: श्री महाकालेश्वर मंदिर के नैवैद्य कक्ष में भगवान श्री चंद्रमोलेश्वर का पूजन होगा। सायं पूजन के पश्चात बाबा श्री महाकाल को वस्त्र धारण करवाए जाएंगे। साथ ही भगवान श्री महाकालेश्वर को मन महेश स्वरूप का श्रृंगार कर बाबा को मुकुट, मुंड माल और फलों की माला धारण करेंगे। 12 फरवरी : मनमहेश शृंगारबाबा महाकाल उमा-महेश स्वरूप धारण कर भक्तों को दर्शन देंगे। कोटितीर्थ कुंडे के पास स्थापित श्री कोटेश्ववर महादेव के पूजन के पश्चात बाबा श्री महाकाल को कत्थई रंग के वस्त्र धारण करवाए जाएंगे। भगवान श्री महाकालेश्ववर को उमा-महेश स्वरूप का श्रृंगार कर मुकुट, मुंडमाल एवं फलों की माला धारण कराई जाएगी। 13 फरवरी : उमा महेश शृंगारशिव नवरात्रि के सप्तम दिवस सायं पूजन के पश्चात बाबा महाकाल ने होल्कर स्वरूप धारण कर भक्तों को दर्शन देंगे। बाबा महाकाल को लाल रंग के वस्त्र धारण करवाए जाएंगे। साथ ही भगवान श्री महाकालेश्वर को होल्कर का श्रृंगार कर बाबा को मुकुट, मुंडमाल एवं फलों की माला धारण कराई जाएगी। 14 फरवरी : शिव तांडव शृंगारभगवान श्री महाकाल शिव तांडव के रूप में दर्शन देंगे। शिव-नवरात्रि के आठवें दिन ज्योतिर्लिंग महाकालेश्वर का शृंगार शिव-तांडव स्वरूप में होगा। भगवान को वस्त्र, कुंडल, चंद्रमा, चांदी की नरमुंड और फलों की माला धारण कराई जाएगी। 15 फरवरी : सप्तधान का मुखौटामहाशिवरात्रि पर्व पर महाकालेश्वर ज्योतिर्लिंग में शिवलिंग पर दिन-भर जल अर्पित होगा और भगवान महाकाल निराकार स्वरूप में दर्शन देंगे। इस दौरान करीब 44 घंटे तक भगवान महाकाल के दर्शन का सिलसिला जारी रहेगा।
फिरोजाबाद में विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (यूजीसी) द्वारा लागू किए गए यूजीसी विनियम-2026 के विरोध में शनिवार को सवर्ण समाज के लोगों ने प्रदर्शन किया। छात्र हित संरक्षण संघर्ष मोर्चा के बैनर तले लोगों ने पैदल मार्च निकाला और केंद्र सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। प्रदर्शनकारियों ने टूंडला विधानसभा से भाजपा विधायक प्रेमपाल धनगर को ज्ञापन सौंपा। उन्होंने यूजीसी विनियम-2026 को तत्काल वापस लेने की मांग की। इस दौरान यूजीसी वापस लो, छात्रों के साथ अन्याय नहीं चलेगा और यूजीसी वापस नहीं तो भाजपा को वोट नहीं जैसे नारे लगाए गए। प्रदर्शन का नेतृत्व कर रहे एडवोकेट संजय प्रताप सिंह और एडवोकेट अजय प्रताप सिंह ने कहा कि यह नया विनियम छात्रों में समानता के बजाय असमानता और जातिगत वैमनस्यता को बढ़ावा देगा। उन्होंने आरोप लगाया कि विनियम में भेदभाव की स्पष्ट परिभाषा नहीं दी गई है और सामान्य वर्ग के छात्र-छात्राओं की गरिमा व अधिकारों की रक्षा का कोई प्रावधान नहीं है। नेताओं ने जोर दिया कि शिक्षा का माहौल भाईचारे और समान अवसर पर आधारित होना चाहिए। उन्होंने चिंता व्यक्त की कि यह विनियम छात्रों के कोमल मन में जातिगत द्वेष पैदा करेगा, जो देश की एकता और अखंडता के लिए हानिकारक होगा। उन्होंने यह भी सवाल उठाया कि यदि कोई शिकायत झूठी पाई जाती है, तो उसके लिए दंड का प्रावधान क्यों नहीं रखा गया। ज्ञापन में चेतावनी दी गई कि यदि यूजीसी विनियम-2026 वापस नहीं लिया गया, तो सामान्य वर्ग आगामी चुनावों में भाजपा के खिलाफ मतदान करने को विवश होगा। उन्होंने याद दिलाया कि वर्ष 2022 के विधानसभा चुनाव में सामान्य वर्ग ने टूंडला सीट से भाजपा विधायक को भारी समर्थन दिया था। विधायक प्रेमपाल धनगर ने कहा कि यूजीसी कानून में जो भी विसंगतियां हैं, उन्हें दूर करने के लिए वह मुख्यमंत्री और प्रधानमंत्री के अलावा राष्ट्रपति को भी पत्र भेजकर अवगत कराएंगे। उन्होंने कहा कि उन्होंने छात्रों में कभी भेदभाव नहीं देखा। प्रदर्शन करने वालों में अखलेश शर्मा, ध्रुव शर्मा, प्रतिभा उपाध्याय, साधना श्रोत्रिय, सतेंद्र पाल सिंह जादौन, ललित सिंह, कन्हैया शर्मा, रघु धाकरे, सिद्धार्थ सिंह, टीपी सिंह, अभिषेक ठाकुर, प्रिंस जादौन, योगेंद्र जादौन एडवोकेट, मुकेश पंडित, अविनाश उपाध्याय, एमसी मिश्रा, खजान सिंह, नितिन चौहान, अंशू ठाकुर, विक्रम सिंह आदि उपस्थित रहे।
मैनपुरी के एक सरकारी प्राथमिक विद्यालय परिसर में फिल्मी गाने पर रील बनाने का मामला सामने आया है। यह वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वायरल वीडियो में कुछ नवयुवक स्कूल परिसर के भीतर फिल्मी गाने पर डांस करते हुए रील बनाते दिख रहे हैं। वीडियो में स्पष्ट रूप से 'प्राथमिक विद्यालय नगला पती, क्षेत्र पंचायत बेवर, मैनपुरी' लिखा हुआ है। इस वीडियो के सामने आने के बाद सोशल मीडिया यूजर्स लगातार प्रतिक्रिया दे रहे हैं। कई लोग सरकारी स्कूलों की सुरक्षा, अनुशासन और निगरानी व्यवस्था पर सवाल उठा रहे हैं। कुछ यूजर्स ने शिक्षा विभाग की कथित लापरवाही पर भी चिंता व्यक्त की है। लोगों का कहना है कि जहां बच्चों का भविष्य गढ़ा जाता है, वहां ऐसी गतिविधियां गंभीर चिंता का विषय हैं। गौरतलब है कि लगभग एक महीने पहले भी मैनपुरी के दो अलग-अलग क्षेत्रों से सरकारी स्कूलों के भीतर रील बनाने के वीडियो सामने आए थे। उन मामलों में शिक्षकों और बच्चों द्वारा स्कूल परिसर में वीडियो बनाए गए थे। तब शिक्षा विभाग ने मामले का संज्ञान लेते हुए जांच कर आवश्यक कार्रवाई की थी। ताजा मामले में बेसिक शिक्षा अधिकारी दीपिका गुप्ता ने बताया कि सरकारी स्कूल में रील बनाए जाने का वीडियो सोशल मीडिया के माध्यम से उनके संज्ञान में आया है। खंड शिक्षा अधिकारी को मामले की जांच सौंपी है। गुप्ता ने स्पष्ट किया कि जांच रिपोर्ट आने के बाद नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने यह भी कहा कि यह पता लगाना आवश्यक है कि वीडियो में दिख रहे युवक शिक्षा विभाग से जुड़े हैं, छात्र हैं या बाहरी लोग। जांच पूरी होने के बाद ही स्थिति स्पष्ट हो पाएगी।
कॉलेजों में स्टूडेंट्स की आत्महत्या के मामले बीते कुछ सालों में बढ़े हैं। हाल ही में भोपाल के आरजीपीवी में एक छात्रा ने सुसाइड किया था। अब ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए एक एक्शन प्लान तैयार किया है। इसके तहत अब कॉलेज में पढ़ाने वाले टीचर्स स्टूडेंट्स के पहले काउंसलर बनेंगे। वे ना केवल बच्चों को पढ़ाएंगे बल्कि उनमें तनाव की पहचान कर उनकी समस्या का समाधान करने में भी सहयोग देंगे। यह प्लान उच्च शिक्षा विभाग द्वारा विद्यार्थियों की आत्महत्या की रोकथाम और मानसिक स्वास्थ्य को लेकर आयोजित जागरूकता सेमिनार में रखा गया है। जिसके जरिए सर्वोच्च न्यायालय के निर्देशों और नेशनल टास्क फोर्स (NTF) की अनुशंसा का पालन किया जाएगा। शुक्रवार शाम को सेमिनार में भोपाल जिले के शासकीय और निजी विश्वविद्यालयों और महाविद्यालयों के कुलसचिव, प्राचार्य और स्कूल शिक्षा, तकनीकी शिक्षा, चिकित्सा शिक्षा, स्वास्थ्य, महिला एवं बाल विकास, सामाजिक न्याय, नगरीय प्रशासन, पुलिस, जनसंपर्क विभाग अन्य विभागों के अधिकारी मौजूद रहे। सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों का पालन अनिवार्य अपर मुख्य सचिव अनुपम राजन ने कहा कि सभी एजुकेशनल संस्थानों को सर्वोच्च न्यायालय द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का सख्ती से पालन करना होगा। उन्होंने छात्रों की आत्महत्या रोकने से जुड़े नियमों की जानकारी दी और उनके प्रभावी क्रियान्वयन पर चर्चा की। उन्होंने स्पष्ट किया कि छात्रों का मानसिक स्वास्थ्य केवल शिक्षा विभाग की नहीं, बल्कि सभी संबंधित विभागों की सामूहिक जिम्मेदारी है। हेल्पलाइन नंबर परिसर में अनिवार्य रूप से प्रदर्शित हों मुख्य सचिव राजन ने निर्देश दिए कि सभी शैक्षणिक संस्थानों में मानसिक स्वास्थ्य से जुड़े हेल्पलाइन नंबर जैसे टेली मानस 14416, उमंग हेल्पलाइन 14425 और आपातकालीन नंबर 112 को अनिवार्य रूप से परिसर की दीवारों पर प्रदर्शित किए जाएं। उन्होंने कहा कि समय पर मदद मिलने से कई गंभीर स्थितियों को टाला जा सकता है। उन्होंने यह भी निर्देश दिए कि विद्यार्थियों के मानसिक स्वास्थ्य को लेकर नियमित रूप से जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जाएं। किसी भी छात्र की आत्महत्या या अप्राकृतिक मृत्यु की स्थिति में संबंधित संस्था को तत्काल पुलिस को सूचना देना अनिवार्य होगा, चाहे घटना परिसर के अंदर हुई हो या बाहर। साथ ही, ऐसी घटनाओं की वार्षिक रिपोर्ट विश्वविद्यालय अनुदान आयोग और संबंधित नियामक संस्थाओं को भेजनी होगी। आवासीय संस्थानों में 247 मेडिकल सुविधा जरूरी अपर मुख्य सचिव राजन ने कहा कि आवासीय शैक्षणिक संस्थानों में 24 घंटे आपातकालीन चिकित्सा सुविधा उपलब्ध होनी चाहिए या फिर एक किलोमीटर की परिधि में यह सुविधा सुनिश्चित की जाए। उन्होंने लंबे समय से रिक्त शिक्षण और गैर-शिक्षण पदों को चार माह में भरने और आरक्षित वर्गों के पदों को प्राथमिकता देने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि छात्रों की लंबित छात्रवृत्तियों का समय पर भुगतान किया जाए। छात्रवृत्ति में देरी के कारण किसी छात्र को परीक्षा, कक्षा, हॉस्टल या डिग्री से वंचित नहीं किया जाएगा। साथ ही रैगिंग निरोधक व्यवस्था, समान अवसर प्रकोष्ठ, आंतरिक शिकायत समिति और छात्र शिकायत निवारण तंत्र को प्रभावी रूप से लागू करने के निर्देश दिए गए। हर संस्थान में बने विशेष सेल और काउंसलर की नियुक्ति हर एजुकेशनल संस्थान में मानसिक स्वास्थ्य से जुड़ी समस्याओं की पहचान और समाधान के लिए विशेष सेल गठित किया जाए और काउंसलर की नियुक्ति की जाए। जिला और संभाग स्तर पर छात्रों, शिक्षकों और अभिभावकों के लिए मानसिक स्वास्थ्य जागरूकता कार्यक्रम आयोजित करने पर भी जोर दिया गया। बिना पंजीयन के कोई भी कोचिंग संस्थान संचालित न हो। इसके लिए हर जिले में जिला स्तरीय निगरानी समिति का गठन किया गया है। विशेषज्ञों ने बताए मानसिक तनाव के लक्षण एमएलबी कन्या महाविद्यालय भोपाल की प्रोफेसर डॉ. अनिता पुरी ने कहा कि शिक्षकों को छात्रों के मानसिक तनाव के शुरुआती लक्षण पहचानने चाहिए। शिक्षक ही छात्र का पहला काउंसलर होता है। वहीं क्लीनिकल साइकोलॉजिस्ट डॉ. सुमित राय ने कहा कि बच्चों पर सफलता का अनावश्यक दबाव नहीं बनाना चाहिए। डॉ. काकोली राय और डॉ. अमित सोनी ने भी मानसिक स्वास्थ्य से जुड़े जोखिम संकेतों और रोकथाम के उपायों पर प्रकाश डाला। स्टेट टास्क फोर्स का गठन नेशनल टास्क फोर्स के निर्देशों के बाद मध्यप्रदेश में स्टेट टास्क फोर्स (STF) का गठन किया गया है। इसके अध्यक्ष आयुक्त उच्च शिक्षा प्रबल सिपाहा हैं और ओएसडी डॉ. उषा के. नायर को सदस्य सचिव बनाया गया है। यह बहु-विभागीय टास्क फोर्स छात्रों की मानसिक स्वास्थ्य चुनौतियों पर समग्र रूप से काम करेगी।
बुलंदशहर में मतदाता सूची का वाचन:अंतिम सूची 6 फरवरी को, ग्रामीण क्षेत्रों में बीएलओ अनुपस्थित
बुलंदशहर में शनिवार को निर्वाचन आयोग के निर्देश पर जिले के सभी मतदान केंद्रों पर मतदाता सूची का वाचन किया गया। जिले के 3031 मतदेय स्थलों पर कुल 26.70 लाख मतदाताओं की सूची उपलब्ध कराई गई। इसका उद्देश्य मतदाताओं को अपने नाम, पते और अन्य विवरणों की जांच करने तथा त्रुटियों में सुधार कराने का अवसर प्रदान करना था। शहरी क्षेत्रों में अधिकांश मतदान केंद्रों पर बूथ लेवल अधिकारी (बीएलओ) समय पर पहुंचे। इससे वाचन प्रक्रिया सुचारू रूप से संपन्न हुई और बड़ी संख्या में मतदाताओं ने सूची में अपने नाम की जांच कर आवश्यक जानकारी प्राप्त की। हालांकि, देहात क्षेत्रों में व्यवस्था पूरी तरह संतोषजनक नहीं रही। कई गांवों में बीएलओ के समय से न पहुंचने के कारण मतदाताओं को परेशानी का सामना करना पड़ा। कुछ स्थानों पर निर्धारित समय पर पहुंचे मतदाताओं को बीएलओ की अनुपस्थिति के कारण बिना जानकारी के लौटना पड़ा, जिससे उनमें नाराजगी भी देखी गई। निर्वाचन विभाग के अधिकारियों ने बताया कि सभी 3031 मतदेय स्थलों पर मतदाता सूची उपलब्ध कराई गई है। बीएलओ की अनुपस्थिति या अन्य तकनीकी दिक्कतों से जुड़ी शिकायतों की जांच की जा रही है। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि जिन मतदाताओं के नाम सूची में शामिल नहीं हैं या जिनके विवरण में त्रुटि है, वे निर्धारित समय सीमा के भीतर ऑनलाइन और ऑफलाइन दोनों माध्यमों से आवेदन कर सुधार करा सकते हैं।प्रशासन ने आमजन से अपील की है कि वे अनिवार्य रूप से अपने नाम की जांच करें और किसी भी प्रकार की गलती पाए जाने पर तुरंत संबंधित बीएलओ या निर्वाचन कार्यालय से संपर्क करें। अंतिम मतदाता सूची का प्रकाशन 6 फरवरी को किया जाएगा।
58 साल के अने सिंह भले ही दुनिया से चल चले गए। जाते-जाते तीन मरीजों को नई जिंदगी दे गए। खेती-किसानी करने वाले अने सिंह का इलाज जोधपुर के एम्स में चल रहा था। शनिवार सुबह उनकी मौत हो गई। परिवार वालों ने उनके ऑर्गन डोनेट करने का निर्णय लिया। अने सिंह की किडनी और लिवर अलग-अलग तीन मरीजों में ट्रांसप्लांट किया जाएगा। जोधपुर एम्स में भर्ती मरीज में किडनी ट्रांप्लांट कर दी गई है। लिवर भी यहीं भर्ती अन्य मरीज को लगाया जाएगा। एक किडनी जयपुर के सवाई मान सिंह (SMS) हॉस्पिटल भेजा गया है। इस तरह अकेले अने सिंह ने तीन मरीजों की जिंदगी बचाई है। पाली के रहने वाले थेअने सिंह पाली जिले जोजावर के गोलकी खोखरा गांव के रहने वाले थे। ये गांव जोधपुर से करीब 130 किमी दूर है। अने सिंह के बेटे पूरण सिंह ने बताया- 19 जनवरी की दोपहर एक बजे घर पर खाना खाते-खाते अचानक तबीय बिगड़ गई थी। पिता बेहोश गए थे। उन्हें फौरन जोजावर के सरकारी हॉस्पिटल लेकर आए। यहां से डॉक्टरों ने पाली के बांगड़ हॉस्पिटल रेफर कर दिया। डॉक्टरों ने उनकी सीटी स्कैन की। हालत गंभीर होने पर जोधपुर रेफर कर दिया। 19 जनवरी की ही शाम को एम्स हॉस्पिटल लेकर आए। बेटा बोला- पिता के कारण किसी और को जिंदगी मिलेगीपूरण सिंह (अने सिंह का बेटा) ने बताया- परिवार ने विचार-विमर्श कर 30 जनवरी को ऑर्गन डोनेट करने को लेकर सहमति दी। आज सुबह उनके ऑर्गन डोनेट किए गए। इसके बाद दोपहर 11 बजे उनको बॉडी को एंबुलेंस से गांव लेकर आए। पूरण ने कहा कि पिता भले ही जिंदा नहीं हैं, लेकिन उनकी वजह से तीन लोगों को नई जिंदगी मिलेगी। अने सिंह के परिवार में पत्नी पताशी देवी (53), तीन बेटे और एक बेटी हैं। इनमें बेटी इंद्रा (29), बेटा रतन सिंह (25), पूरण सिंह (21) और प्रवीण सिंह (15) शामिल हैं। वेंटिलेटर के जरिए ऑक्सीजन शरीर के अंगों तक पहुंचाया जाताडॉक्टर सादिक ने बताया कि ब्रेन शरीर के सभी अंगों को कंट्रोल करता है। इसमें सबसे महत्वपूर्ण सांस लेने वाला फंक्शन है। सांस लेने वाला फंक्शन यदि चला जाता है तो वेंटिलेटर के जरिए ऑक्सीजन शरीर के अंगों तक आर्टिफिशियल तरीके से पहुंचाई जाती है। इससे अंगों को कुछ समय तक के लिए सुरक्षित रखा जा सकता है, ताकि उसे दूसरों के शरीर में ट्रांसप्लांट किया जा सके। ----------------
गुना के बमोरी इलाके में अस्पताल में पदस्थ एक कंप्यूटर ऑपरेटर की सड़क हादसे में मौत हो गई। वह शुक्रवार शाम अपनी ड्यूटी पूरी कर बमोरी से गुना के लिए निकले थे। इसी दौरान रास्ते में सामने से आ रहे वाहन के कारण उनकी बाइक अनियंत्रित हो गई और सड़क के नीचे जा गिरी। मिली जानकारी के अनुसार रवि अग्रवाल(40) पुत्र रामविलास अग्रवाल गुना में रहते थे। वह बमोरी अस्पताल में कंप्यूटर ऑपरेटर के पद पर पदस्थ थे। रोजाना वह गुना से बमोरी ड्यूटी करने जाते और शाम को वापस लौटते थे। शुक्रवार सुबह भी वह घर से बमोरी जाने के लिए निकले। दिन भर ड्यूटी करने के बाद शाम लगभग 5:30 भेज बाइक से बमोरी से गुना के लिए निकले। रोजाना वह 7 बजे तक गुना आ जाते थे। शुक्रवार को वह देर रात तक नहीं पहुंचे, तो परिवार वालों ने तलाश शुरू की, लेकिन उनका कुछ पता नहीं चल सका। रात 9:30 बजे तक उनका मोबाइल भी चालू था। परिवार वाले उस पर कॉल कर रहे थे, लेकिन कोई जवाब नहीं आ रहा था। परिवार वालों ने बमोरी पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने भी रात में तलाश किया, लेकिन कुछ पता नहीं चल सका। शनिवार सुबह नेगमा के पास ग्रामीणों को सड़क किनारे एक व्यक्ति पड़ा हुआ दिखा। उन्होंने पुलिस को सूचना दी। मौके पर पहुंची कैंट पुलिस ने उनका बैग चेक किया, तो उनकी आईडी मिल गई। इससे पता चला कि वह बॉडी रवि अग्रवाल की ही है। कैंट पुलिस ने बमोरी पुलिस को बताया और बॉडी को जिला अस्पताल भिजवाया। जिला अस्पताल में शव का पोस्टमार्टम किया जा रहा है। शुरुआती तौर पर यह आशंका जताई जा रही है कि बाइक चलाते समय संभवतः आगे से कोई वाहन आया और वह बाइक पर कंट्रोल नहीं कर पाए। बाइक अनियंत्रित हो कर सड़क के नीचे जा गिरी। उनके सिर में लगी अंदरूनी चोट के कारण उनकी मौत हो गई। पुलिस फिलहाल मामले की जांच कर रही है।
हिमाचल प्रदेश के शिमला जिले के कोटखाई क्षेत्र के बागी इलाके में शुक्रवार रात एक घर में भीषण आग लग गई। यह घटना देर रात करीब 2:30 बजे हुई, जिससे क्षेत्र में हड़कंप मच गया। जानकारी के अनुसार, बागी डाकघर के अंतर्गत गांव शगलटा निवासी रजनीश ओकटा (पुत्र मोही राम ओकटा) के घर से अचानक धुआं और आग की लपटें उठने लगीं। आग इतनी तेजी से फैली कि कुछ ही देर में पूरे रिहायशी मकान को अपनी चपेट में ले लिया। स्थानीय निवासियों ने तत्काल पुलिस चौकी बागी को सूचना दी, जिसके बाद यह मामला थाना कोटखाई तक पहुंचा। सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची। स्थानीय लोगों की सहायता से आग पर काबू पाया गया। प्रारंभिक जांच में आग लगने का कारण बिजली का शॉर्ट सर्किट बताया जा रहा है। हालांकि, पुलिस मामले की सभी पहलुओं से जांच कर रही है। मकान पूरी तरह से खाक इस घटना में किसी प्रकार की कोई जनहानि नहीं हुई, जो राहत की बात है। हालांकि, आग की चपेट में आने से मकान और उसमें रखा सारा घरेलू सामान पूरी तरह जलकर खाक हो गया। प्रशासन ने आग से हुए नुकसान का अनुमान लगभग एक करोड़ रुपए लगाया है। पुलिस ने इस संबंध में मामला दर्ज कर लिया है और आग लगने के वास्तविक कारणों का पता लगाने के लिए विस्तृत जांच शुरू कर दी है। प्रशासन ने पीड़ित परिवार को हर संभव सहायता प्रदान करने का आश्वासन दिया है।
आजमगढ़ में विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) के बाद वोटर लिस्ट जारी हो गई है। जिले में 31 लाख 68 हजार, 837 मतदाता हैं। जिनमें से 17 लाख, 30 हजार, 996 पुरुष, 14 लाख, 37 हजार, 792 महिलाएं हैं। जबकि 49 थर्ड जेंडर हैं। यह जानकारी जिले के एडीएम प्रशासन राहुल विश्वकर्मा ने दी। एडीएम प्रशासन राहुल विश्वकर्मा ने बताया कि 158627 मतदाता जिनके माता-पिता दादा दादी नाना नानी की मैपिंग नहीं हो पाई थी। उसके लिए ब्लॉक लेवल अधिकारियों को निर्देश दिया गया है। नए सिरे से मतदाता की लिस्ट तैयार की जा रही है किसी का भी नाम कटा नहीं गया है। पुरानी लिस्ट के अनुसार 566000 लोगों का नाम काम हुआ है जिसमें से बड़ी संख्या में लोगों की मौत हो चुकी है। और बड़ी संख्या में लोग शिफ्ट भी हो चुके हैं। इसके साथी 42 ऐसे लोग हैं जो NRI हैं। प्रारूप 6 के आए 129880 मामलेजिले के डीएम प्रशासन राहुल विश्वकर्मा ने बताया कि मतदाता पुनरीक्षण सूची के दौरान प्रारूप 6 के कुल 129880 मामले आए हैं। इसके साथ ही प्रारूप 6 क के 42 मामले, प्रारूप 7 के 2319 मामले और प्रारूप 8 के कुल 27349 मामले आए हैं। जिन्हें नोटिस मिलेगी, उन्हें यह दस्तावेज देना होगा उन मतदाताओं को आधार कार्ड, पासपोर्ट, ड्राइविंग लाइसेंस, पैन कार्ड, सरकारी व अर्ध सरकारी कार्यालय का पहचान पत्र, शिक्षण संस्थानों का पहचान पत्र, बिजली, पानी या टेलीफोन (लैंडलाइन-मोबाइल) का बिल, बैंक या डाकघर की पासबुक जिसमें पता अंकित हो, राशनकार्ड, किराएदारी का अनुबंध पत्र, सरकारी विभाग की ओर से जारी आवास आवंटन पत्र या आवास प्रमाण पत्र या गैस कनेक्शन की रसीद या पासबुक में से कोई एक जमा करना होगा।
कानपुर के बेकनगंज थानाक्षेत्र के लाल कुआं रहमानी मार्केट में शनिवार तड़के शार्ट–सर्किट से लगी आग ने हड़कंप मचा दिया। दो मंजिला मकान के ग्राउंड फ्लोर पर स्थित बिरयानी और मिठाई की तीन दुकानों में अचानक भीषण आग भड़क उठी। देखते ही देखते लपटें पहली मंजिल तक पहुंच गईं, जहां मकान मालिक और चार किराएदार फंस गए। वहीं बिरयानी की दुकान में सो रहे दो कर्मचारी भी धुएं में घिर गए। पड़ोसी अयाज अहमद ने घटना की जानकारी पुलिस और फायर ब्रिगेड को दी। लाटूश रोड, फजलगंज और कर्नलगंज फायर स्टेशन की तीन गाड़ियां मौके पर पहुंचीं। फायर कर्मियों ने मकान मालिक और किराएदारों को सुरक्षित बाहर निकाला, साथ ही दुकान में फंसे कर्मचारियों का भी रेस्क्यू किया। अब जानिए पूरा मामला तलाक महल लाल कुआं निवासी मो. शमीम के दो मंजिल मकान के ग्राउंड फ्लोर पर अफजाल व दिलशाद की मिठाई की व अकील की बिरयानी की दुकान है। वहीं पहली मंजिल पर मो. शमीम व चार किराएदार रहते हैं। शनिवार सुबह शमीम के मकान में स्थित दिलशाद की मिठाई की दुकान में शनिवार तड़के शार्ट–सर्किट से आग लग गई। कुछ ही देर में आग ने अफजाल और अकील की दुकानों को भी अपनी जद में ले लिया। कुछ ही देर में आग की ऊंची–ऊंची लपटे शमीम के पहली मंजिल तक पहुंचने लगी, जिससे शमीम किराएदारों के फंस गए, उधर बिरयानी की दुकान में सो रहे दो कर्मचारियों का धुएं के कारण दम घुटने लगा। घनी आबादी वाले इलाके में आग लगने से हड़कंप मच गया। लपटें उठती देख पड़ोसी अयाज अहमद ने घटना की जानकारी बेकनगंज पुलिस और लाटूश रोड फायर स्टेशन को दी। सूचना पर एफएसओ कैलाश चंद्र समेत लाटूश रोड, फजलगंज और कर्नलगंज फायर स्टेशन की 3 गाड़ियां मौके पर पहुंची। फायर कर्मियों ने पहली मंजिल में फंसे शमीम और किराएदारों को बरामदे के रास्ते से बाहर निकाला, फिर दुकान में फंसे दो कर्मचारियों का रेस्क्यू किया गया। इसके बाद कर्मचारियों ने दुकान में रखे गैस के तीन सिलेंडरों के बारे में फायरकर्मियों को जानकारी दी। आनन-फानन में फायर कर्मियों से गैस सिलेंडर बाहर निकाले, करीब डेढ़ घंटे के बाद फायर कर्मियों ने आग पर काबू पाया। एफएसओ कैलाश चंद्रा ने बताया कि किसी भी प्रकार की जनहानि नहीं हुई, प्रथम दृष्टया शार्ट–सर्किट से आग लगने की जानकारी मिली है। नुकसान का आंकलन किया जा रहा है। आखिरी में 5 तस्वीरें भी देखिए-
गिरिडीह नगर थाना क्षेत्र के बरगण्डा क्षेत्र में शनिवार को इंटर की एक छात्रा ने सुसाइड कर लिया। छात्रा ने किराए के कमरे में फांसी के फंदे से लटक जान दे दी। इससे पहले उसने अपने मोबाइल फोन से फैमिली को मैसेज किया। उसमें लिखा-जहर खा ली हूं, बचा पाओगे तो बचा लो। परिजन जब उसके कमरे पर पहुंचे तो अंदर छात्रा फांसी के फंदे से लटकी मिली। छात्रा ने ऐसा क्यों किया, फिलहाल यह स्पष्ट नहीं है। पुलिस ने शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया है। पूजा पढ़ाई में मेहनती थीमृतका की पहचान मुफ्फसिल थाना क्षेत्र के कासियाडीह निवासी परमेश्वर मंडल की 17 वर्षीय बेटी पूजा कुमारी मंडल के रूप में हुई है। परिजनों के अनुसार, पूजा पढ़ाई में मेहनती थी, लेकिन वह किस कारण मानसिक तनाव में थी, इसका स्पष्ट पता नहीं चल सका है। मृतिका के भाई विशाल कुमार मंडल अनुसार, पूजा ने आत्महत्या करने से ठीक पहले शनिवार सुबह करीब 11 बजे परिजनों को मोबाइल पर मैसेज भेजा था। मैसेज मिलते ही हमलोग पूजा के किराए के कमरे पर पहुंचे। तब तक उसने सुसाइड कर लिया था। आठ महीनों से किराए पर रह रही थीपूजा बरगण्डा स्थित दीपक कुमार सिंह के मकान पिछले आठ महीनों से किराए पर रह रही थी। इधर, घटना की सूचना के बाद मौके पर पहुंची पुलिस ने कमरे की तलाशी ली और आसपास के लोगों से भी पूछताछ की। पूजा 11वीं कक्षा की छात्रा थी और आगे की पढ़ाई के लिए कोचिंग कर रही थी। वह जमुआ थाना क्षेत्र के मिर्जागंज स्थित लंगटा बाबा कॉलेज में पढ़ाई करती थी। पढ़ाई के सिलसिले में वह गिरिडीह शहर के बरगण्डा इलाके में किराए के मकान में अकेले रह रही थी। मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है। आत्महत्या के पीछे के कारणों का पता लगाने के लिए परिजनों, मकान मालिक और आसपास के लोगों से पूछताछ की जा रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी। -ज्ञान रंजन, नगर थाना प्रभारी
मऊगंज नगर के वार्ड क्रमांक 7 में शुक्रवार रात बिना बारिश के ही बाढ़ जैसी स्थिति उत्पन्न हो गई। पानी की टंकी की सप्लाई पाइप फटने से कई लीटर पानी अचानक गलियों और घरों में घुस गया, जिससे स्थानीय निवासियों को परेशानी का सामना करना पड़ा। घटना की सूचना तत्काल प्रशासनिक अधिकारियों को दी गई। यह घटना चक्रभाठी मोहल्ले में बनी पानी की टंकी की मुख्य सप्लाई पाइप के अचानक फट जाने के कारण हुई। पाइप फटने के बाद टंकी में जमा लाखों लीटर पानी तेजी से बाहर निकलने लगा। यह पानी देखते ही देखते मोहल्ले की संकरी गलियों से होता हुआ कई घरों में प्रवेश कर गया, जिससे घरेलू सामान भीग गए और नुकसान हुआ। स्थानीय लोगों ने बताया मोहल्ले में बाढ़ जैसी स्थिति स्थानीय निवासियों ने बताया कि पानी का बहाव इतना तेज था कि कुछ समय के लिए पूरे मोहल्ले में बाढ़ जैसी स्थिति बन गई थी। पानी के तेज बहाव के कारण कई परिवारों को देर रात अपने घरों से निकलकर सुरक्षित स्थानों पर जाना पड़ा। टंकी खाली होते ही थमा पानी, हालात सामान्य घटना की सूचना मिलने पर प्रशासनिक अधिकारी तत्काल मौके पर पहुंचे और स्थिति का जायजा लिया। देर रात पानी की टंकी पूरी तरह खाली होने के बाद पानी का बहाव खुद ही रुक गया। इसके बाद धीरे-धीरे घरों और गलियों से पानी निकल गया। शनिवार को संबंधित विभाग की ओर से फटी हुई पाइपलाइन की मरम्मत का कार्य तेजी से किया जा रहा है। मोहल्लेवासियों ने प्रशासन से मांग की है कि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए पानी की टंकी और सप्लाई लाइन की नियमित जांच सुनिश्चित की जाए।
सोने-चांदी की कीमतों में भारी उतार-चढ़ाव बना है। कानपुर के चौक सराफा बाजार में करीब 1500 दुकानें हैं। यहां इन दिनों सन्नाटा दिख रहा है। कारोबारियों का कहना है कि इस स्थिति से करोड़ों लोगों की रोजी-रोटी पर संकट खड़ा है। उन्होंने कहा- ऐसा दिन आएगा, कभी सोचा न था। बाजार में बस डर बना हुआ है। एक तरह दुकानदार के पास सोना-चांदी खरीदने वाले नहीं आ रहे तो दूसरी तरफ अगर कोई ग्राहक सोना या चांदी बेचने आ रहा है तो कीमतों के क्रैस होने के चलते उसे खरीद भी नहीं रहे हैं। पढ़िए कानपुर से चौक सराफा बाजार से दैनिक भास्कर की खास रिपोर्ट… न खरीद का भरोसा, न बेचने की हिम्मत चांदी के थोक कारोबारी अभिषेक अग्रवाल बताते हैं कि बाजार की स्थिति बेहद खराब है। न कुछ बेचा जा सकता है, न खरीदा। कीमतों में इतना तेज उतार-चढ़ाव है कि भाव का अंदाजा ही नहीं रह गया। करीब 35 साल से चांदी के कारोबार में होने के बावजूद उन्होंने ऐसा दौर पहले कभी नहीं देखा। उनका कहना है कि 20 साल पहले भी हालात बिगड़े थे, लेकिन तब सरकार ने कमोडिटी ट्रेडिंग पर रोक लगाकर बाजार को स्थिर कर दिया था। सोना-चांदी के भाव ने तोड़ दी कारोबारियों की हिम्मत सराफा कारोबारी अमित वर्मा के मुताबिक, 2025 के मध्य से सोना और चांदी के दाम जिस तरह झूल रहे हैं, वैसा पहले कभी नहीं हुआ। हालत यह है कि जो सोना-चांदी पहले बेचा या खरीदा गया था, अब उसी में सौदा करने से डर लग रहा है। उन्होंने 1980 के दशक का जिक्र करते हुए बताया कि तब चांदी 8 डॉलर प्रति औंस से उछलकर 54 डॉलर तक पहुंच गई थी, लेकिन डेढ़ साल में कीमतें 90 प्रतिशत तक गिर गई थीं। इतिहास गवाह, पहले भी आया है बड़ा झटका कारोबारियों का कहना है कि 2012 में भी चांदी 75 हजार रुपये प्रति किलो तक पहुंची थी, लेकिन बाद में गिरकर 35 हजार पर टिक गई। आज की स्थिति उससे भी ज्यादा डराने वाली लग रही है। बाजार को समझने वालों का मानना है कि वैश्विक स्तर पर ट्रेड वॉर, डॉलर की घटती साख और गोल्ड रिजर्व को लेकर देशों के बीच तनाव का सीधा असर कीमती धातुओं पर पड़ रहा है। खरीदने और बेचने वाले दोनों डरे चांदी कारोबारी पूजा वर्मा बताती हैं कि इस समय बाजार में सबसे बड़ी समस्या डर है। खरीदने वाला भी डरा हुआ है और बेचने वाला भी। कीमतें इतनी तेजी से बदल रही हैं कि कोई भी जोखिम लेने को तैयार नहीं है। वहीं फुटकर व्यापारी सुभाष शुक्ला का कहना है कि सुबह और शाम के भाव में जमीन-आसमान का फर्क आ जा रहा है। उन्हें 1980 का ‘ब्लैक थर्सडे’ याद आ रहा है, जब चांदी की कीमतों ने हंट ब्रदर्स के साम्राज्य को तबाह कर दिया था। ब्लैक थर्सडे की यादें फिर ताजा 27 मार्च 1980 को ‘सिल्वर थर्सडे’ के नाम से दर्ज इतिहास में, जब हंट बंधुओं की चांदी बाजार पर पकड़ ढीली पड़ी और कीमतें एक ही दिन में 50 डॉलर प्रति औंस से गिरकर करीब 10 डॉलर रह गई थीं। उस दिन हुए भारी नुकसान ने पूरी दुनिया को झकझोर दिया था। आज चौक सराफा बाजार के कारोबारी उसी इतिहास को याद कर सहमे हुए हैं और सिर्फ एक ही सवाल कर रहे हैं—आखिर सोने-चांदी के दामों में स्थिरता कब आएगी?
पंजाबी फिल्मों के मशहूर डायरेक्टर, एक्टर और राइटर समीप कंग के बर्थडे को लेकर कॉमेडियन गुरप्रीत घुग्गी ने वीडियो शेयर किया है। इंस्टा पर शेयर वीडियो में बंदरिया को पकौड़े खिलाते हुए दिखया गया है। इसके साथ ही जालंधर के रहने वाले गुरप्रीत घुग्गी ने लिखा- आज हमारे डायरेक्ट का जन्मदिन है। समीप कंग इतनी दयालु आदमी हैं कि इस दिन हर जीव-जंतु को पार्टी दे रहे हैं।गुरप्रीत घुग्गी के साथ गिप्पी ग्रेवाल और कैरी आन जट्टा मूवी की पूरी स्टारकॉस्ट मौजूद है। कैरी आन जट्टा-4 की शूटिंग के दौरान क्रू मेंबर ने डायरेक्ट समीप कंग का जन्मदिन मनाया। सेट से वीडियो शूट कर इस्टा पर अपलोड किया गया है। समीप कंग का जन्मदिन 30 जनवरी को था और इसके लिए सभी ने सेट पर ही केक काट पार्टी की। घुग्गी की टीम ने शेयर किया फनी वीडियोये पकौड़े हैं इसमें गुठलियां नहीं होती- गुरप्रीत घुग्गी बंदर को पकौड़े खाते हुए देख कहते हैं कि तुम इसको भी छील-छील कर खा रहे हो। क्या तुम्हें पता नहीं कि ये पकौड़े हैं। तुम इसमें क्या ढूंढ रहे हो, इसमें कौन सी गुठलियां होती हैं। इस पर सब ठहाके लगाना शुरू कर देते हैं।घुग्गी बोले-घर से लाई है पकौड़े बनाकर- घुग्गी अपने फनी अंदाज में कहते हैं कि ये बंदर नहीं बंदरिया है। ये पकौड़े घर से बनाकर लाई है। इसको पता था की समीप भाई का जन्मदिन है। देखो किस तरह से ये अकेले-अकेले पकौड़े खा रही है और किसी के साथ शेयर भी नहीं कर रही।गिप्पी-बिनू ढिल्लों बोले-समीप भी खुद ही केक खा गए- बंदरिया को पकौड़े खाता देख और घुग्गी के कमेंट पर सेट पर बैठ बिनू ढिल्लों और गिप्पी गरेवाल ने कहा कि समीप भाई भी अपने जन्मदिन का केक लेकर आए थे और अकेले ही खा गए। अब ये भी अकेले ही खा रही है। हमें तो कुछ मिला ही नहीं है।चटनी भी खोलकर दें क्या तुम्हें- गुरप्रीत घुग्गी बंदरिया को पकौड़े खाते देख कहते हैं कि ऐसे ही खाए जा रही हो। क्या मैं चटनी खोलकर दूं। मैंने तो पहली बार देखा कि कोई पकौड़ों को भी छील-छीलकर खा रहा है। कैरी आन जट्टा सीरीज से मिली समीप कंग को पहचानपंजाबी फिल्मों के मशहूर डायरेक्टर और एक्टर समीप कंग का जन्म 30 जनवरी 1973 को पटियाला में हुआ था। उन्होंने शुक्रवार को अपना 53वां जन्मदिन मनाया है। उन्हें पंजाबी सिनेमा में 'कैरी ऑन जट्टा' और 'लकी दी अनलकी स्टोरी' जैसी ब्लॉकबस्टर कॉमेडी फिल्मों के लिए जाना जाता है। केमिकल इंजीनियरिंग की पढ़ाई करने के बावजूद उन्होंने अपनी कला और बेहतरीन निर्देशन से इंडस्ट्री में एक बड़ा मुकाम हासिल किया है।
9 साल से लापता नाबालिग, जांच अधिकारी कोर्ट में तलब:साढ़े आठ साल पुलिस, 13 महीने CBI ने की जांच
ग्वालियर अंचल के गुना जिले से 9 साल पहले लापता हुई नाबालिग को पुलिस के बाद अब सीबीआई भी तलाश नहीं पाई है। करीब साढ़े आठ साल तक पुलिस ने मामले की जांच की, लेकिन नाबालिग का कोई सुराग नहीं मिल सका। इसके बाद हाईकोर्ट ने मामला केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) को सौंप दिया था। 13 महीने की जांच के बाद भी सीबीआई खाली हाथ है। इससे आहत नाबालिग के पिता ने एक बार फिर कोर्ट में आवेदन दिया है। कोर्ट ने इस मामले को दोबारा हैबियस कॉर्पस रिट के तहत सुनवाई के लिए लिया है। हाईकोर्ट ने सीबीआई के जांच अधिकारी को केस डायरी के साथ तलब किया है और पूछा है कि नाबालिग की तलाश के लिए अब तक क्या-क्या प्रयास किए गए। नाबालिग के पिता ने जितेंद्र प्रजापति नामक युवक की भूमिका पर संदेह जताया था, लेकिन पुलिस और सीबीआई, दोनों ने उससे प्रभावी पूछताछ नहीं की। मामले की अगली सुनवाई 16 फरवरी को होगी। सीबीआई पर ठीक से जांच न करने का आरोप याचिकाकर्ता की ओर से अधिवक्ता अनिल श्रीवास्तव ने कोर्ट में दलील दी कि सीबीआई ने मामले की गंभीरता के अनुरूप जांच नहीं की, जिसके कारण अब तक नाबालिग का पता नहीं चल पाया। वहीं, सीबीआई की ओर से अदालत को बताया गया कि स्टेटस रिपोर्ट पहले ही पेश की जा चुकी है और जांच के बाद अंतिम रिपोर्ट सक्षम न्यायालय में पेश की जानी प्रस्तावित है। इस पर कोर्ट ने अगली सुनवाई में केस डायरी प्रस्तुत करने के निर्देश दिए। 2017 में लापता हुई थी नाबालिग गुना जिले के आरोन थाना क्षेत्र से 11 दिसंबर 2017 को 17 वर्षीय नाबालिग लापता हो गई थी। जब काफी तलाश के बाद भी उसका पता नहीं चला, तो पिता ने 2017 में हाईकोर्ट में बंदी प्रत्यक्षीकरण याचिका दायर की। मामला लंबे समय तक लंबित रहा। बाद में सुनवाई के दौरान हाईकोर्ट ने नाराजगी जताई और ग्वालियर आईजी को व्यक्तिगत रूप से तलब किया गया। आईजी ने मामले की जांच के लिए एसआईटी गठित की, लेकिन एसआईटी भी नाबालिग को तलाशने में असफल रही। इसके बाद 17 दिसंबर 2024 को हाईकोर्ट ने मामला सीबीआई को सौंप दिया। सीबीआई ने जांच के दौरान स्टेटस रिपोर्ट पेश की, लेकिन नाबालिग का कोई सुराग नहीं मिल पाया। जांच पूरी करने के लिए सीबीआई ने छह महीने का अतिरिक्त समय भी लिया था, इसके बावजूद नाबालिग का पता नहीं चल सका। सीबीआई ने नाबालिग की सूचना देने वाले के लिए इनाम भी घोषित किया था। पिता सहित संदिग्धों के कराए गए थे नार्को टेस्ट इस मामले में पुलिस ने संदिग्धों और नाबालिग के पिता का गुजरात में नार्को टेस्ट कराया था। पिता के बयान में सामने आया था कि उसने आखिरी बार बेटी को आरोन थाने में देखा था, इसके बाद वह नजर नहीं आई। अन्य संदिग्धों के भी नार्को टेस्ट कराए गए, लेकिन पुलिस को कोई ठोस सुराग नहीं मिला, जिससे नाबालिग का पता लगाया जा सके।
सागर जिले की जैसीनगर तहसील में 27 जनवरी की रात हुई बारिश और ओलावृष्टि से फसलों को भारी नुकसान पहुंचा है। इससे प्रभावित किसानों ने भारतीय किसान श्रमिक जनशक्ति यूनियन के बैनर तले तहसील कार्यालय पहुंचकर प्रदर्शन किया। वरिष्ठ अधिकारियों के नहीं मिलने पर किसानों ने बाबू को अपना मांग पत्र सौंपा। किसानों ने प्रशासन से खराब हुई फसलों का जल्द सर्वे कराने और उचित मुआवजा देने की मांग की है। यूनियन के प्रदेश अध्यक्ष संदीप सिंह ठाकुर ने बताया कि जैसीनगर तहसील क्षेत्र के कई गांवों में फसलें तबाह हो गई हैं। इनमें ग्राम काली पठार, ढकरई, करहद, देवलचोरी, सेवन ताजपुर, महुआखेड़ा और मूड़री शामिल हैं। इन इलाकों में चना, मसूर, गेहूं और मटर की फसलों को ओलावृष्टि और बारिश से काफी नुकसान हुआ है। अब तक सर्वे दल नहीं पहुंचा किसानों का आरोप है कि ओलावृष्टि के बाद भी प्रशासन ने अब तक नुकसान का आकलन करने के लिए कोई सर्वे दल गठित नहीं किया है। इससे किसानों में नाराजगी है। उन्होंने कहा कि इससे पहले भी सोयाबीन और मक्का की फसलें खराब हुई थीं, जिसका मुआवजा अब तक नहीं मिला है। 15 दिन का अल्टीमेटम ज्ञापन के माध्यम से किसानों ने प्रशासन को 15 दिन का समय दिया है। उन्होंने मांग की है कि 15 दिनों के भीतर फसलों के नुकसान का सर्वे कराकर मुआवजा राशि स्वीकृत की जाए।
सोना-चांदी की कीमतों में लगातार हो रहे तेज उतार-चढ़ाव ने रायपुर के सराफा बाजार को असमंजस की स्थिति में ला दिया है। एक ओर निवेशक इस उतार-चढ़ाव को अवसर के रूप में देख रहे हैं, वहीं शादी के सीजन में आम ग्राहकों का बजट गड़बड़ा गया है। सोने-चांदी के भाव में भारी बदलाव के कारण रिटेल कारोबार प्रभावित हुआ है। हालांकि निवेशक और स्टॉकिस्ट बाजार में रोजाना ट्रेड और खरीदारी कर रहे हैं। व्यापारियों का कहना है कि कीमतों में उतार-चढ़ाव के कारण कारोबार करीब 30 प्रतिशत हो रहा है। देखिए पहले ये तस्वीरें- ग्राहकों को भी काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा 25 सालों से सराफा कारोबार से जुड़े व्यापारी मोहित जैन ने बताया कि उन्होंने अपने पूरे करियर में पहली बार इस तरह की अस्थिरता देखी है। पहले सोने चांदी के भाव में करीब 2 हजार रुपए का अंतर महीने भर में देखने को मिलता था, लेकिन अब हालात ऐसे हैं कि हर दिन बड़ा उतार-चढ़ाव हो रहा है। इससे ग्राहकों को भी काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। निवेशक उठा रहे गिरावट का फायदा रायपुर सराफा एसोसिएशन के पूर्व अध्यक्ष हरख मालू ने बताया कि बाजार में इस समय हर तरह के लोग आ रहे हैं, जिसमें निवेशक और ज्वेलरी खरीदने वाले दोनों शामिल हैं। उन्होंने कहा कि बीते दिनों लगातार भाव बढ़ रहे थे। शुक्रवार को सोने-चांदी के दामों में गिरावट देखने को मिली, जिसका फायदा निवेशकों ने उठाया है। रेट रिवाइज हुए हैं। यह गिरावट निवेशक और स्टॉकिस्टों की मुनाफा वसूली के कारण हुई। बाजार में मिला-जुला असर सराफा कारोबारियों के अनुसार, कीमतों में उतार-चढ़ाव से आम खरीदार असमंजस में है, जबकि निवेशक इसे अवसर के रूप में देख रहे हैं। आने वाले दिनों में बाजार की दिशा अंतरराष्ट्रीय संकेतों और निवेशकों की रणनीति पर निर्भर करेगी। गोल्ड और सिल्वर मार्केट क्रैश गोल्ड और सिल्वर मार्केट 30 जनवरी को क्रैश हो गया। प्रॉफिट बुकिंग के कारण मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) पर चांदी 1.10 लाख रुपए (27%) गिर गई। अब 1 किलो चांदी 2.91 लाख रुपए में मिल रही है। एक दिन पहले यानी 29 जनवरी को चांदी 4.01 लाख रुपए प्रति किलो में मिल रही थी। MCX पर सोने में भी 20 हजार रुपए (12%) की गिरावट रही। 10 ग्राम सोना 1.49 लाख रुपए पर आ गया। 29 जनवरी को सोना 1.69 लाख रुपए पर था। सोने-चांदी में गिरावट की 2 वजह प्रॉफिट बुकिंग: सोने-चांदी की कीमत हाल के दिनों में रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गई थी, जिसके बाद निवेशकों ने बड़े पैमाने पर प्रॉफिट बुक किया। फिजिकल डिमांड में कमी: ऑल टाइम हाई के बाद फिजिकल डिमांड कमजोर हुई, साथ ही औद्योगिक उपयोग को लेकर चिंताएं भी बढ़ीं। सर्राफा बाजार में चांदी 40 हजार रुपए सस्ती सर्राफा बाजार में चांदी 40,638 रुपए और सोना 9,545 रुपए सस्ता हुआ है। इंडिया बुलियन एंड ज्वेलर्स एसोसिएशन (IBJA) के अनुसार, एक किलो चांदी 3,39,350 रुपए किलो पर आ गई है। वहीं 10 ग्राम 24 कैरेट सोने का भाव 1,65,795 रुपए पर आ गया है। ये बाजार शाम को 5 बजे बंद हो जाता है, इस वजह से यहां कीमतों में वायदा बाजार की तुलना में कम गिरावट देखी गई। वायदा बाजार रात 12 बजे तक चलता है। यहां शेयर बाजार की तरह हर सेकेंड बोलियां लगती हैं जिससे दाम लगातार ऊपर नीचे होते हैं। ………………………….. यह खबर भी पढ़ें… बजट उम्मीद- सोना, चांदी सस्ते हो सकते हैं: ड्यूटी घटकर 4% होने की संभावना; 2025 में चांदी 167%, सोना 75% बढ़ा एक फरवरी को पेश होने वाले बजट के बाद सोना-चांदी खरीदना सस्ता हो सकता है। सरकार इस पर लगने वाली कस्टम ड्यूटी को 6% से घटाकर 4% कर सकती है। अगर ऐसा होता है तो सोना प्रति 10 ग्राम करीब 3 हजार और चांदी 6 हजार रुपए सस्ती हो सकती है। पढ़ें पूरी खबर…
छतरपुर शहर का प्रमुख ग्वाल मंगरा तालाब इन दिनों गंभीर प्रदूषण का शिकार हो गया है। शहर के नालों का गंदा पानी और प्लास्टिक कचरा मिलने से तालाब का पानी अत्यधिक दूषित हो गया है, जिसके कारण बड़ी संख्या में मछलियां मर रही हैं। तालाब की सतह पर मरी हुई मछलियां तैरती दिख रही हैं, जबकि लाखों मछलियां जलकुंभी के नीचे मृत पड़ी हैं। सड़ती मछलियों के कारण पूरे क्षेत्र में तीव्र दुर्गंध फैल गई है, जिससे आसपास के रहवासियों का जीना मुश्किल हो गया है। स्थानीय निवासियों का आरोप है कि शहर के नालों का गंदा पानी सीधे तालाब में छोड़ा जा रहा है। इसके अलावा, प्लास्टिक और अन्य कचरा भी तालाब में जमा हो रहा है। नागरिकों का कहना है कि नगरपालिका द्वारा तालाब की साफ-सफाई और पानी के शुद्धिकरण के लिए कोई ठोस कदम नहीं उठाए जा रहे हैं। इस लापरवाही का खामियाजा अब पर्यावरण और आम जनता को भुगतना पड़ रहा है। सांस लेना मुश्किल, बीमारियों की आशंका तालाब से उठ रही भीषण दुर्गंध के कारण क्षेत्र में बीमारियों का खतरा बढ़ गया है। मच्छरों का प्रकोप तेजी से फैल रहा है, जिससे लोगों में त्वचा, सांस और पेट संबंधी बीमारियों की आशंका बनी हुई है। लोगों का मानना है कि यदि समय रहते इस समस्या का समाधान नहीं किया गया, तो यह एक बड़ी स्वास्थ्य आपदा का रूप ले सकती है। हालात ऐसे हैं कि लोगों का घरों से बाहर निकलना भी दूभर हो गया है। सफाई के नाम पर कागजी खानापूर्ति का आरोप स्थानीय नागरिकों ने इस समस्या को लेकर कई बार नगरपालिका और नगरीय प्रशासन को सूचित किया है, लेकिन अब तक कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं हुई है। न तो तालाब की सफाई कराई जा रही है और न ही दूषित पानी के प्रवाह को रोकने की व्यवस्था की गई है। लोगों का आरोप है कि प्रशासन की उदासीनता के कारण हालात बिगड़ रहे हैं। कुछ निवासियों ने यह भी आरोप लगाया है कि नगरपालिका पिछले कई वर्षों से तालाबों की सफाई के नाम पर सिर्फ कागजी खानापूर्ति कर रही है और लाखों रुपये का गबन किया जा रहा है।
फरीदाबाद जिले के गांव पाखल स्थित प्लाईवुड बनाने वाली ड्रीम प्राइवेट लिमिटेड फैक्ट्री में दो कंकाल बरामद हुए है। शुक्रवार को इस फैक्ट्री में आग लग गई थी। दोनों कंकाल फैक्ट्री में काम करने वाले मजदूरों के बताए जा रहे है। पुलिस मामले की जांच कर कर रही है। धौज पुलिस थाना प्रभारी दर्पण ने बताया कि, जो दो ककांल मिले हैं। उनमें एक संभल यूपी के रहने वाले मोहम्मद आलिम का है, जबकि दूसरा बिहार का रहने वाला अरविंद है। दोनों की कुछ दिन पहले फैक्ट्री में काम करने के लिए आए थे। फैक्ट्री में किया जाता है डिजाइन बनाने का काम फैक्ट्री के अंदर प्लाईवुड की शीट पर डिजाइन बनाने का काम किया जाता है। पुलिस की जांच के मुताबिक, शुरुआती जांच में शार्ट सर्किट से आग लगने की बात कही जा रही है। फैक्ट्री में शुक्रवार की रात करीब ढाई बजे अचानक से आग लग गई थी। देखते ही देखते आग ने फैक्ट्री के एक बड़े हिस्से को अपनी चपेट में ले लिया। शॉर्ट सर्किट से हुआ हादसा पुलिस के अनुसार प्रारंभिक जांच में आग लगने का कारण शॉर्ट सर्किट बताया जा रहा है, बताया जा रहा है कि आग लगने के बाद दोनों अपना सामान निकालने के वापस फैक्ट्री में गए थे। लेकिन वो लोग नहीं निकल पाए। हालांकि पुलिस सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर जांच कर रही है। धौंज थाना प्रभारी दर्पण ने बताया कि फैक्ट्री मालिक की तलाश की जा रही है। पुलिस और दमकल विभाग की टीमें लापता मजदूरों की तलाश में लगातार जुटी हुई हैं। पुलिस का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद ही आग लगने के सही कारणों का खुलासा किया जाएगा। पुलिस ने कंकाल को पोस्टमार्टम के लिए भेजा पुलिस ने दोनों कंकाल को कब्जे मे लेकर पोस्टमार्टम के लिए सिविल अस्पताल भिजवा दिया है। पुलिस का कहना है कि मामले की जांच की जा रही है।

