लुधियाना के ख्वाजा कोठी चौक में प्रदर्शन:मोहल्ला निवासियों का फूटा गुस्सा, सड़क की जाम
लुधियाना के ख्वाजा कोठी चौक में देर रात उस वक्त स्थिति तनावपूर्ण हो गई जब बड़ी संख्या में मोहल्ला निवासियों ने सड़क पर उतरकर प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और धरना लगा दिया। निवासियों का गुस्सा बीते कल हुई एक भीषण दुर्घटना को लेकर था जिसमें एक बेकाबू ट्रक ने रिहाइशी इलाके में कहर बरपाते हुए दो कारों को जोरदार टक्कर मार दी। हादसे से मची अफरा-तफरी, बाल-बाल बचे लोग पीड़ितों और चश्मदीदों ने बताया कि बीते कल एक तेज रफ्तार ट्रक रिहाइशी इलाके में घुस आया और वहां खड़ी दो कारों को अपनी चपेट में ले लिया। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि कारें पूरी तरह चकनाचूर हो गई। गनीमत रही कि हादसे के वक्त कारों में कोई सवार नहीं था वरना बड़ी जानी हानि हो सकती थी। घटना के बाद इलाके में अफरा-तफरी का माहौल बन गया। धरने पर बैठे लोगों ने प्रशासन के सामने मांगें रखी हैं इस पूरे रिहाइशी इलाके को भारी वाहनों के लिए प्रतिबंधित किया जाए।साथ ही ओवरलोड ट्रकों की एंट्री रोकने के लिए मुख्य पॉइंट्स पर पुलिस तैनात हो।रिहाइशी गलियों के मुहाने पर स्पीड ब्रेकर बनाए जाएं। यहां हर रोज ओवरलोड ट्रक और बड़े वाहन मौत बनकर दौड़ते हैं। रिहाइशी इलाका होने के बावजूद भारी वाहनों की एंट्री पर कोई रोक नहीं है। कल की घटना ने साबित कर दिया कि हम अपने घरों के बाहर भी सुरक्षित नहीं हैं। जब तक इसे नो हैवी व्हीकल जोन घोषित नहीं किया जाता हमारा संघर्ष जारी रहेगा।
बदायूं में प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत बन रहे एक मकान की दीवार गिरने से एक महिला की मौत हो गई, जबकि उसकी बहू गंभीर रूप से घायल हो गई। यह हादसा दीवार काटकर बीम डलवाने के दौरान हुआ। घायल सास-बहू को तत्काल अस्पताल ले जाया गया, जहां सास ने दम तोड़ दिया। घटना सोमवार को बिल्सी कोतवाली के मोहल्ला संख्या दो में हुई। छोटेलाल नामक व्यक्ति के प्रधानमंत्री आवास योजना के मकान में निर्माण कार्य चल रहा था। मकान को मजबूत करने के लिए दीवार काटकर बीम डाला जा रहा था, तभी अचानक दीवार भरभराकर गिर गई। दीवार गिरने से 60 वर्षीय प्रेमवती कश्यप (पत्नी छोटेलाल कश्यप) और उनकी पुत्रवधू 45 वर्षीय अनीता (पत्नी रवि) मलबे में दब गईं। आसपास मौजूद लोगों ने शोर सुनकर परिवार को सूचना दी और बचाव कार्य शुरू किया। काफी प्रयास के बाद दोनों को मलबे से बाहर निकाला जा सका। घायल अवस्था में प्रेमवती और अनीता को पहले सीएचसी बिल्सी में भर्ती कराया गया। वहां से गंभीर हालत को देखते हुए उन्हें जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया। इलाज के दौरान सास प्रेमवती की मौत हो गई, जबकि बहू अनीता का उपचार जारी है। जिला अस्पताल कर्मियों ने शव को मोर्चरी में रखवाकर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है। परिजनों ने बताया कि प्रेमवती को प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत यह मकान मिला था। निर्माण कार्य के दौरान दीवार में बीम डालने के लिए कटाई की जा रही थी, तभी यह हादसा हो गया।
संभल में राशन डीलर की हत्या, आरोपी फरार:पुलिस ने 22 पर केस दर्ज किया, गांव में तनाव, फोर्स तैनात
संभल में प्रधानी चुनाव की रंजिश में चार दिन पहले एक राशन डीलर की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। इस मामले में पुलिस ने 12 नामजद सहित 22 लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की है, लेकिन घटना के चार दिन बाद भी किसी आरोपी की गिरफ्तारी नहीं हो सकी है। गांव में तनाव को देखते हुए पुलिस बल तैनात किया गया है। यह घटना जनपद संभल की तहसील गुन्नौर के थाना बबराला क्षेत्र के गांव पहलवाड़ा में शुक्रवार रात को हुई। चुनावी रंजिश को लेकर हुए पथराव और फायरिंग में ग्राम प्रधान मीरा देवी की 62 वर्षीय सास प्रेमवती, जो एक राशन डीलर थीं, की सीने में गोली लगने से मौत हो गई। घटना में प्रधान पद के प्रत्याशी सुभाष के पक्ष से देवेश नामक व्यक्ति भी घायल हुआ, जिसके कान को गोली छूकर निकल गई। मृतक प्रेमवती के बेटे पवन की पत्नी मीरा देवी पहलवाड़ा गांव की दो बार से ग्राम प्रधान हैं, जिससे चुनावी रंजिश का मामला सामने आया है। थाना बबराला पुलिस ने मृतक के बेटे पवन की शिकायत पर नीतीश कुमार, सुभाष, मनीष, वीरेश, रामबाबू, वीरपाल, बलराम, लाखी, गिरीश, राजवीर सत्यपाल और नीरज सहित 12 नामजद तथा 8-10 अज्ञात लोगों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया है। थाना प्रभारी सौरभ त्यागी ने बताया कि गांव में शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस बल तैनात किया गया है। आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार दबिश दी जा रही है। बताया जा रहा है कि मृतक राशन डीलर का पक्ष समाजवादी पार्टी से जुड़ा है, जबकि आरोपी पक्ष भारतीय जनता पार्टी खेमे का है। गुन्नौर के सपा विधायक रामखिलाड़ी यादव ने जिला संयुक्त चिकित्सालय पहुंचकर घायल लोगों का हालचाल जाना और सत्ताधारी नेताओं पर लाठी-डंडों व सरकार के बल पर प्रधान बनाने का आरोप लगाया। इस मामले में भाजपा की ओर से कोई प्रतिक्रिया नहीं आई है।
मेरठ में मंगलवार को शब-ए-बरात पर रूट डायवर्जन रहेगा। भारी वाहनों के लिए तीन रूट निर्धारित किए गए हैं जिनसे वह अपने गंतव्य की ओर बढ़ेंगे। सुबह सात बजे से रात दो बजे तक कोई भारी वाहन शहर के भीतर प्रवेश नहीं करेगा। एसपी ट्रैफिक का कहना है कि शहर के भीतर भीड़भाड़ को देखते हुए यह डायवर्जन लागू किया गया है। डायवर्जन पर एक नजर... - जनपद हापुड से आने वाले भारी वाहन बिजली बंबा चौराहा से एल ब्लॉक तिराहा होकर तेजगढ़ी चौराहा, सीसीएस यूनिवर्सिटी के सामने से जेलचुंगी चौराहा, कमिश्नरी आवास चौराहा होते हुए जीरोमाईल चौराहा से टैंक चौराहा और फिर मोदीपुरम की ओर जा सकेंगे। - गढ रोड से आने वाले भारी वाहन डिग्गी तिराहा से जेलचुंगी चौराहा, कमिश्नरी आवास चौराहा, जीरोमाईल चौराहा, टैंक चौराहा से मोदीपुरम पुल से अपने गन्तव्य की ओर बढ़ेंगे। - मोदीपुरम से आने वाले भारी वाहन टैंक चौराहा, जीरोमाईल चौराहा, लालकुर्ती पैंठ चौकी के सामने से होते हुए कमिश्नर आवास चौराहा से जेलचुंगी चौराहा से डिग्गी तिराहा/तेजगढी चौराहा से गढ रोड या एल-ब्लॉक तिराहा, बिजली बम्बा चौराहा होते हुए अपने गन्तव्य की ओर जा सकेंगे। - बागपत रोड से आने वाले भारी वाहन टीपीनगर थाना तिराहा होते हुए ट्रांसपोर्ट नगर गेट से परतापुर व बिजली बम्बा चौराहा की ओर जा सकेंगे। - परतापुर से आने वाले भारी वाहन शॉप्रिक्स मॉल चौराहा से ट्रांसपोर्ट नगर गेट से टीपीनगर थाना तिराहा से बागपत रोड मलियाना पुल से नेशनल हाईवे-58 के रास्ते अपने गन्तव्य की ओर जा सकेंगे।- रोहटा की ओर आने वाले भारी वाहन नेशनल हाईवे-58 होते हुए अपने गन्तव्य की ओर जाएंगे। - बिजनौर-मवाना रोड से आने वाले भारी वाहन कमिश्नरी चौराहा से जीरो माईल होते हुए टैंक चौराहा से मोदीपुरम से नेशनल हाईवे-58 से या कमिश्नरी आवास चौराहा से जेलचुंगी चौराहा से डिग्गी तिराहा से गढ रोड या तेजगढी चौराहा से एल-ब्लॉक होते हुए बिजली बम्बा चौराहा से हापुड जा सकेंगे। शहर के भीतर यह रहेगी स्थिति एसपी ट्रैफिक राघवेंद्र कुमार मिश्र ने बताया- शहर के अंदर भारी वाहन रात 2 बजे तक प्रतिबंधित रहेंगे। उन्होंने बताया कि एल ब्लॉक तिराहे से हापुड अडडा चौराहा, बच्चापार्क, बेगमपुल तक वाहन नहीं जाएंगे। इनके अलावा बेगमपुल चौराहा से रोडवेज, जलीकोठी, रेलवे रोड चौराहे के रास्ते ट्रांसपोर्ट नगर गेट भारी वाहन नहीं जाएंगे। इसी तरह बच्चापार्क से खैरनगर, घंटाघर चौराहा, रेलवे रोड पर भारी वाहन पूरी तरह प्रतिन्धित रहेगे।
देवरिय में मोमोज खिलाने के बहाने नाबालिग से करीब 85 लाख रुपए के जेवर ठग लिए गए। तीन दुकानदारों ने लड़के को मोमोज खिलाने का लालच दिया। उससे धीरे-धीरे कर घर से जेवर मांगाते रहे। मोमोज की लत में लड़का हार, अंगूठी, बिछिया, बाली समेत सब जेवर दुकानदारों को दे आया। रविवार को परिजनों ने जब अलमारी खोली और जेवर नहीं पाए तो उनके होश उड़ गए। बच्चे से पूछा तो उसने पूरी घटना बताई। इसके बाद परिजनों ने थाने में नाबालिग बेटे और तीन आरोपियों के खिलाफ शिकायत दी। पुलिस ने सोमवार शाम को नाबालिग और तीन युवकों पर केस दर्ज कर एक आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। उससे पूछताछ की जा रही है। मामला रामपुर कारखाना थाना क्षेत्र का है। अब जानिए पूरा मामला… भगवानपुर तिवारी गांव निवासी विमलेश मिश्र पुत्र रामायण मिश्र वाराणसी में एक मंदिर में पुजारी हैं। उनका नाबालिग बेटा गांव में रहकर पढ़ाई करता है। विमलेश मिश्र के अनुसार उनके बेटे को मोमोज खाने की आदत थी। इसी कमजोरी का फायदा उठाते हुए देवरिया–कसया मार्ग स्थित डुमरी चौराहे पर मोमोज की दुकान लगाने वाले तीन युवकों ने उसे अपने प्रभाव में ले लिया। आरोप है कि युवकों ने लालच देकर बेटे को बहकाया। जिससे बेटा घर की अलमारी से जेवर निकाल-निकालकर उन्हें देता रहा। अलमारी खुलते ही उड़ गए होश मामले का खुलासा तब हुआ जब रविवार को विमलेश मिश्र की बहन अपना जेवर लेने घर पहुंची। जैसे ही अलमारी खोली गई, उसमें रखा सारा जेवरात गायब मिला। यह देख परिवार के लोग सन्न रह गए। जब किशोर से पूछताछ की गई तो उसने बताया कि वह मोमोज खाने के लिए डुमरी चौराहे के दुकानदारों को जेवर दे चुका है। यह सुनकर परिजन चौंक गए और तत्काल थाने पहुंचे। पुलिस को सौंपी जेवरों की लिस्ट विमलेश मिश्र ने अपने बेटे समेत 3 युवकों के खिलाफ नामजद तहरीर दी। तहरीर में बताया गया कि घर में रखे सोने-चांदी के आभूषण धीरे-धीरे गायब होते रहे, जिसकी भनक परिवार को काफी देर बाद लगी। विमलेश ने गहनों की पूरी लिस्ट भी पुलिस को सौंपी है। हार, अंगूठी, बिछिया सब देकर आ गया नाबालिग गायब हुए जेवरातों में एक जोड़ी सोने का हार, 9 सोने की अंगूठियां, दो सोने के मांगटीका, दो जोड़ी सोने के कंगन, 13 चांदी की बिछिया, 22 सोने की नथ की कील, चार सोने की बिछिया, 5 अन्य सोने की अंगूठियां और 4 जोड़ी सोने की कान की बालियां समेत कई कीमती आभूषण शामिल हैं। परिजनों के अनुसार जेवर की अनुमानित कीमत लगभग 85 लाख रुपए है। थानाध्यक्ष देवेंद्र सिंह ने बताया एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। अन्य की तलाश जारी है। आरोपियों की भूमिका की पड़ताल के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी। ------------------------- ये खबर भी पढ़ें जिस्मफरोशी के लिए नेपाल से लाई जा रहीं लड़कियां, यूपी पुलिस ने चार को बचाया, रात के अंधेरे में घने जंगल के रास्ते ला रहे थे यूपी के श्रावस्ती में पुलिस ने नेपाल से लड़कियों की तस्करी का बड़े नेटवर्क का भंड़ाफोड़ किया। दो तस्कर नौकरी का झांसा देकर चार लड़कियों को रात के अंधेरे में घने जंगल के रास्ते बॉर्डर पार ला रहे थे। खुफिया इनपुट के आधार पर SSB और पुलिस पहले से एक्टिव थी। उन्हें पकड़ने के लिए जाल बिछाया। पूरी खबर पढ़ें
रायपुर नगर पालिक निगम ने प्लेसमेंट के जरिए कार्यरत कर्मचारियों का समय पर वेतन भुगतान नहीं करने पर कड़ा कदम उठाया है। महापौर मीनल चौबे के निर्देश पर निगम आयुक्त विश्वदीप ने सामान्य प्रशासन विभाग के माध्यम से आदेश जारी करते हुए एजेंसी मेसर्स अनशर्यान सर्विसेस प्राइवेट लिमिटेड (अमनपुर, जबलपुर) का ठेका निरस्त कर दिया है। साथ ही एजेंसी द्वारा जमा की गई सुरक्षा निधि की एफडीआर राशि भी राजसात कर ली गई है। निगम के अनुसार, प्लेसमेंट के माध्यम से कार्यरत 57 कंप्यूटर ऑपरेटर और 2 स्टेनोग्राफर को तय समय अवधि में वेतन भुगतान नहीं किया गया। कार्य आदेश के बाद एजेंसी को दिसंबर 2025 का वेतन भुगतान करना था, लेकिन बार-बार पत्राचार के बावजूद आज तक वेतन लंबित रहा। बार-बार नोटिस, फिर भी नहीं हुआ भुगताननिगम ने अनुबंध की शर्तों के तहत 5 तारीख तक वेतन भुगतान नहीं होने और ईपीएफ-ईएसआईसी से जुड़े चालान प्रस्तुत नहीं करने पर पहले नोटिस जारी किया। संतोषजनक जवाब नहीं मिलने पर दोबारा पत्र भेजा गया। इसके बाद 29 जनवरी 2026 को स्पष्ट निर्देश दिए गए कि उसी दिन दोपहर 12 बजे तक सभी कर्मचारियों का वेतन भुगतान कर RTGS और ईपीएफ/ईएसआईसी चालान प्रस्तुत किए जाएं, लेकिन एजेंसी ने निर्देशों की अनदेखी की। गलत तथ्य पेश करने का आरोपएजेंसी ने 30 जनवरी 2026 के पत्र में लेबर लाइसेंस के नाम पर प्रति कर्मचारी 1275 रुपए अतिरिक्त खर्च का हवाला दिया। इस पर निगम ने सहायक श्रम आयुक्त, रायपुर से जानकारी ली। जवाब में स्पष्ट हुआ कि प्रति व्यक्ति 1012 रुपए (प्रतिभूति राशि और लाइसेंस शुल्क) का प्रावधान है और कार्य पूर्ण होने पर सुरक्षा निधि की वापसी का नियम भी मौजूद है। इससे निगम ने एजेंसी पर गलत तथ्य प्रस्तुत करने का आरोप लगाया। निगम का फैसलानिगम प्रशासन का कहना है कि कर्मचारियों को समय पर वेतन नहीं देकर और अनावश्यक पत्राचार कर एजेंसी ने निगम का समय बर्बाद किया। इसी कारण 23 सितंबर 2025 को जमा की गई सुरक्षा निधि की एफडीआर राजसात करते हुए एजेंसी का ठेका तत्काल प्रभाव से निरस्त कर दिया गया है।
मुरादाबाद में शब-ए-बारात पर्व के मद्देनजर 3 और 4 फरवरी को यातायात व्यवस्था में बदलाव किया गया है। भीड़ और सुरक्षा कारणों से ट्रैफिक पुलिस ने बसों तथा भारी वाहनों के लिए विशेष डायवर्जन प्लान लागू किया है। दिल्ली, रामपुर, संभल और चंदौसी की ओर से आने वाली रोडवेज व निजी बसों का शहर में प्रवेश प्रतिबंधित रहेगा। इन बसों का संचालन टीपी नगर और नया मुरादाबाद स्थित एमडीए कार्यालय के सामने बनाए गए अस्थायी बस स्टैंड से होगा। काशीपुर और रामपुर से बिजनौर या हरिद्वार जाने वाले भारी वाहन शहर के अंदर से नहीं गुजरेंगे। ये वाहन हाईवे से टीएमयू अंडरपास, हकीमपुर चौकी और शेरुआ चौराहा होते हुए अपने गंतव्य तक पहुंचेंगे। बिजनौर और हरिद्वार की ओर से आने वाले भारी वाहनों के लिए भी यही मार्ग निर्धारित किया गया है। ट्रैफिक प्लान के अनुसार, 3 फरवरी दोपहर 2 बजे से 4 फरवरी सुबह 4 बजे तक शहर में भारी वाहनों का प्रवेश वर्जित रहेगा। इस अवधि में मालगोदाम से संचालित होने वाले मालवाहक वाहनों का संचालन भी बंद रहेगा। इसके अतिरिक्त, 3 फरवरी शाम 4 बजे से कोहिनूर तिराहा, दससराय पुलिस चौकी, संभल चौराहा और गलशहीद चौराहे से ईदगाह मार्ग की ओर केवल पैदल यात्रियों और दोपहिया वाहनों को ही जाने की अनुमति होगी। एसपी ट्रैफिक सुभाष चंद गंगवार ने बताया कि आवश्यकता पड़ने पर समय और रूट में बदलाव किया जा सकता है। पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि वे निर्धारित डायवर्जन का पालन कर सहयोग करें।
सोमनी पुलिस ने मौहाभाठा में की कार्रवाई:खेत से जुआ खेलते 5 आरोपी गिरफ्तार, नकदी जब्त
राजनांदगांव। जिले में अपराध नियंत्रण अभियान के तहत सोमनी पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस ने ग्राम मौहाभाठा के एक खेत में दबिश देकर जुआ खेल रहे पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है। उनके पास से नकदी और ताश के पत्ते जब्त किए गए हैं। पुलिस अधीक्षक अंकिता शर्मा के निर्देश पर जिले में शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए लगातार अभियान चलाया जा रहा है। इसी क्रम में नगर पुलिस अधीक्षक अलेक्जेण्डर किरो के पर्यवेक्षण में सोमनी थाना पुलिस ने यह सफलता हासिल की। मुखबिर से मिली सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने ग्राम मौहाभाठा स्थित खेत-खलिहान में घेराबंदी की। यहां ताश के पत्तों पर दांव लगाते हुए पांच युवकों को पकड़ा गया। गिरफ्तार किए गए आरोपियों में अलख माण्डले (35 वर्ष), हेमचंद नेटी (28 वर्ष), शुभम ठाकूर (26 वर्ष), हरिश कुमार देवदास (30 वर्ष) और योगेश पटेल (28 वर्ष) शामिल हैं। ये सभी ग्राम मौहाभाठा, राजनांदगांव के निवासी हैं। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से और जुए की फड़ से कुल 3110 रुपये नकद, 52 पत्ती ताश और एक नीले रंग का टॉवेल जब्त किया है। सभी आरोपियों के खिलाफ छत्तीसगढ़ जुआ प्रतिषेध अधिनियम 2022 की धारा 03 के तहत वैधानिक कार्यवाही की गई है। सोमनी पुलिस ने बताया कि क्षेत्र में अवैध गतिविधियों पर अंकुश लगाने के लिए इस तरह की कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी।
छत्तीसगढ़ के धमतरी में अर्धसैनिक बलों में चयनित 13 युवाओं से पुलिस अधीक्षक (एसपी) सूरज सिंह परिहार ने मुलाकात की। उन्होंने चयनित जवानों को बधाई दी और राष्ट्रसेवा के लिए प्रेरित किया। एसपी ने उन्हें अनुशासन, कर्तव्यनिष्ठा और नशे से दूर रहने का संदेश दिया। धमतरी जिले और आसपास के 13 युवाओं का चयन हाल ही में असम राइफल, सशस्त्र सीमा बल (SSB), सीमा सुरक्षा बल (BSF), केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (CRPF) और केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल (CISF) में हुआ है। एसपी सूरज सिंह परिहार ने इस उपलब्धि को धमतरी जिले के लिए गौरव का विषय बताया। उन्होंने सभी चयनित जवानों को उनके उज्ज्वल भविष्य और सफल राष्ट्रसेवा के लिए शुभकामनाएं दीं। एसपी ने युवाओं को प्रशिक्षण के दौरान पूर्ण अनुशासन, समर्पण और धैर्य बनाए रखने की सलाह दी। उन्होंने नशे और किसी भी बुरी संगत से दूर रहकर शारीरिक व मानसिक रूप से स्वयं को सुदृढ़ रखने पर जोर दिया। एसपी ने कहा- आने वाले युवाओं के लिए प्रेरणा स्रोत बनेंगे एसपी ने कहा कि देश की सेवा करते समय संविधान, कानून और मानवाधिकारों का सम्मान करते हुए कर्तव्यनिष्ठा से कार्य करें। उन्होंने उम्मीद जताई कि ये युवा अपनी कार्यशैली से अपने माता-पिता, जिले और राज्य का नाम रोशन करेंगे। पुलिस अधीक्षक ने यह भी कहा कि अर्धसैनिक बलों में चयन कठोर परिश्रम, आत्मसंयम और दृढ़ इच्छाशक्ति का परिणाम है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि आने वाले समय में यही युवा अन्य नवयुवकों के लिए प्रेरणा स्रोत बनेंगे। चयनित युवाओं में समीर गिरी (असम राइफल, मुजगहन, धमतरी), निरंजन सिंह साहू (एसएसबी, बागतराई, बालोद), शेखर ध्रुव (बीएसएफ, मुजगहन, धमतरी), सोमप्रकाश ध्रुव (बीएसएफ, मुजगहन, धमतरी), हिमांचल माला (बीएसएफ, पुरुर, बालोद), त्रिलोकीनाथ तारम (सीआरपीएफ, भेजा मैदानी, बालोद), उत्तम यादव (सीआरपीएफ, शंकरदाह, धमतरी), डेकेश साहू (सीआरपीएफ, कलारतराई, धमतरी), टिकेश्वर साहू (सीआईएसएफ, कर्माचौक, धमतरी), पंकज बंजारे (सीआईएसएफ, हरफतरई, धमतरी), दीपेश साहू (सीआईएसएफ, शंकरदाह, धमतरी), राहुल साहू (सीआईएसएफ, मुजगहन, धमतरी) और खिलेश कुर्रे (बीएसएफ, कोडेबोड़, धमतरी) शामिल हैं।
भारत कला मेला के 17वें संस्करण का आयोजन देश की राष्ट्रीय राजधानी नई दिल्ली में 5 से लेकर 8 फरवरी 2026 तक नई दिल्ली के एनएसआईसी ग्राउंड्स में किया जाएगा।
सहरसा कोर्ट ने दो आरोपियों को 4 साल की सजा:SC/ST एक्ट के तहत दोषी करार, 5000 रुपये का अर्थदंड भी लगा
सहरसा पुलिस द्वारा प्रस्तुत साक्ष्य और चार्जशीट के आधार पर, सलखुआ थाना में सोमवार को एक महत्वपूर्ण फैसला सुनाया गया। सहरसा के विशेष न्यायाधीश (अनुसूचित जाति/जनजाति) सह जिला एवं अपर सत्र न्यायाधीश की अदालत ने दो आरोपियों को विभिन्न धाराओं में दोषी ठहराते हुए कठोर सजा सुनाई है। इस मामले में प्रसबन्नी, वार्ड संख्या-11, थाना सलखुआ, जिला सहरसा निवासी दिनेश यादव और गणेश यादव को आरोपी बनाया गया था। उन्हें भारतीय दंड संहिता (भादवि) और अनुसूचित जाति/जनजाति (अत्याचार निवारण) अधिनियम (SC/ST POA एक्ट) की विभिन्न धाराओं के तहत दोषी सिद्ध किया गया। अदालत ने आरोपियों को धारा 341 भादवि के तहत एक माह का साधारण कारावास, धारा 323 भादवि के तहत एक वर्ष का साधारण कारावास और धारा 325 भादवि के तहत चार वर्ष का सश्रम कारावास तथा 5,000 रुपये का अर्थदंड सुनाया। अर्थदंड अदा न करने पर उन्हें तीन माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा। इसके अतिरिक्त, उन्हें धारा 504 भादवि के अंतर्गत एक वर्ष का सश्रम कारावास, धारा 506 भादवि के तहत एक वर्ष का सश्रम कारावास और SC/ST (POA) एक्ट की धारा 3(1)(r) के तहत एक वर्ष का सश्रम कारावास की सजा भी दी गई है। न्यायालय के आदेशानुसार, सभी सजाएं साथ-साथ चलेंगी। अभियोजन पक्ष की ओर से विशेष लोक अभियोजक अमरेन्द्र कुमार ने इस मामले की प्रभावी ढंग से पैरवी की। उन्होंने गवाहों के बयान, चिकित्सीय साक्ष्य और पुलिस द्वारा संकलित दस्तावेजों को अदालत के समक्ष प्रस्तुत किया, जिसके आधार पर न्यायालय ने आरोपियों को दोषी ठहराया। इस फैसले को सामाजिक न्याय की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। न्यायालय के इस निर्णय से यह संदेश गया है कि अनुसूचित जाति/जनजाति के विरुद्ध अपराध करने वालों को कानून किसी भी स्थिति में नहीं बख्शेगा। पीड़ित पक्ष ने न्यायालय के फैसले पर संतोष व्यक्त किया है।
करनाल जिला के घरौंडा में स्थित सेंटर ऑफ एक्सीलेंस फॉर वेजिटेबल्स में भ्रष्टाचार का मामला सामने आया है। सरकारी प्रक्रिया को दरकिनार कर लाभ पहुंचाने के बदले रिश्वत लेने की शिकायत पर राज्य सतर्कता एवं भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो ने बड़ी कार्रवाई की। टीम ने कार्यालय परिसर में दबिश देकर आरोपी कर्मचारी को नकद रिश्वत लेते हुए मौके पर ही दबोच लिया। इस कार्रवाई से विभागीय गलियारों में हलचल मच गई है और मामले की जांच कई स्तर पर शुरू कर दी गई है। शिकायत पर विजिलेंस की सुनियोजित कार्रवाईराज्य सतर्कता एवं भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो, करनाल को एक शिकायत मिली थी, जिसमें बताया गया था कि सीईवी घरौंडा में तैनात विषय वस्तु विशेषज्ञ ग्रुप-बी प्रमोद कुमार द्वारा नियमों को नजरअंदाज कर काम कराने के बदले रिश्वत मांगी जा रही है। शिकायत के वेरिफिकेशन के बाद विजिलेंस टीम ने जाल बिछाया और आरोपी को कार्यालय सीईवी केंद्र, घरौंडा से 35 हजार रुपये की नकद रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया। 10 हजार पौधों की बिक्री के बदले मांगी गई थी रकमशिकायत में आरोप लगाया गया कि प्रमोद कुमार ने ऑनलाइन आवेदन और निर्धारित राशि जमा कराने की प्रक्रिया को दरकिनार कर सब्जी उत्कृष्टता केंद्र, घरौंडा में उगाए गए खरबूजे के 10 हजार पौधों को 3 रुपये 50 पैसे प्रति पौधा की दर से बेचने की एवज में 35 हजार रुपये की मांग की थी। यह रकम एक माध्यम व्यक्ति के जरिए ली जा रही थी, लेकिन तय योजना के तहत विजिलेंस ने मौके पर ही कार्रवाई कर दी। थाने में केस दर्ज, आगे की जांच जारीआरोपी के खिलाफ थाना राज्य सतर्कता एवं भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो, करनाल में भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम 1988 की धारा 7 के तहत मामला दर्ज किया गया है। विजिलेंस की टीम आरोपी से पूछताछ कर रही है और यह भी जांच की जा रही है कि इस मामले में और कौन-कौन लोग शामिल थे। जीरो टॉलरेंस नीति के तहत सख्तीहरियाणा सतर्कता ब्यूरो के करनाल रेंज के पुलिस अधीक्षक गंगाराम पूनिया ने कहा कि भ्रष्टाचार के प्रति विभाग की जीरो टॉलरेंस नीति है। सरकारी काम के बदले रिश्वत मांगने वालों के खिलाफ आगे भी ऐसी ही सख्त कार्रवाई जारी रहेगी। उन्होंने आमजन से अपील की कि कोई भी अधिकारी या कर्मचारी रिश्वत मांगता है तो तुरंत हेल्पलाइन 1064 या 1800-180-2022 पर सूचना दें। विभागीय जांच भी होगीघरौंडा सीईवी के हेड और बागवानी विभाग के उपनिदेशक राकेश कुमार ने बताया कि विजिलेंस टीम प्रमोद कुमार को पकड़कर ले गई है। पूरे मामले की जानकारी ली जा रही है कि आखिर उसने क्या किया। उच्चाधिकारियों को सूचित कर दिया गया है और विभागीय स्तर पर भी जांच कराई जाएगी।
छत्तीसगढ़ के धमतरी जिले में एक अनोखा मंदिर है, जहां नाव के आकार के एक पत्थर की पूजा की जाती है। यह मंदिर हजारों श्रद्धालुओं की आस्था का केंद्र है। डोंगेश्वर धाम में हर साल माघ पूर्णिमा पर दो दिवसीय विशाल मेला लगता है, जिसमें जिले और अन्य राज्यों से भी लोग पहुंचते हैं। जिला मुख्यालय से लगभग 18 किलोमीटर दूर देवपुर गांव में स्थित यह प्रसिद्ध डोंगेश्वर धाम है। मंदिर का प्रवेश द्वार भी डोंगा यानी नाव के आकार का बना हुआ है। मंदिर के गर्भगृह में एक विशाल नाव स्वरूप पत्थर स्थापित है, जिसे सदियों से भगवान मानकर पूजा जाता है। पत्थर से जुड़ी ये है प्राचीन कथा इस पत्थर से जुड़ी एक प्राचीन कथा है, जिसे सुनकर लोग इसे दैवीय स्वरूप मानते हैं। डोंगेश्वर धाम मंदिर ट्रस्ट के 83 वर्षीय अध्यक्ष रामकुमार कौशल ने बताया कि यह कहानी उन्होंने अपने पूर्वजों से सुनी है और इस पर एक कविता भी लिखी है। वे यहां आने वाले हर जिज्ञासु को यह कथा सुनाते हैं। रामकुमार कौशल के अनुसार, महानदी के किनारे भंवरगढ़ नामक एक स्थान था, जहां नदी के टीले पर राजा का महल था। एक बार महानदी में भयंकर बाढ़ आ गई, जिससे चारों ओर स्थिति भयावह हो गई। प्रजा सब कुछ छोड़कर बाढ़ से बच निकली, लेकिन राजा, रानी और उनका पुत्र महल में फंस गए। बाढ़ से बचने राजा ने वहां से निकलने का फैसला किया बाढ़ से बचने के लिए राजा ने अपना महल और संपत्ति छोड़कर परिवार सहित वहां से निकलने का फैसला किया। उन्होंने एक केवट से विनम्रतापूर्वक महानदी पार कराने का अनुरोध किया और इसके बदले में धन व गहने देने का वादा किया। नाव में बैठकर सभी नदी के बीच में पहुंचे ही थे कि नाव अचानक रुक गई। केवट के अथक प्रयासों के बावजूद नाव आगे नहीं बढ़ी। तब केवट ने राजा से कहा कि नाव को बिना पूजा किए पानी में उतारा गया था, इसलिए अब पूजा आवश्यक है। उसने बताया कि नाव तभी आगे बढ़ेगी जब राजा अपने पुत्र की बलि देंगे, अन्यथा नाव का आगे बढ़ पाना संभव नहीं है। तभी राजा गंगा मैय्या से देवपुर गांव पार कराने मन ही मन प्रार्थना करने लगे। केंवट की बात सुनकर रानी ने कहा कि उनका यह इकलौता पुत्र है, इसलिए उसे बलि देना संभव नहीं है। रानी की यह बात कहते ही पानी की तेज लहर आई और नाव पलट गई। नाव में बैठे सभी लोग पानी में डूब गए। इसमें राजा, रानी, उनके पुत्र और केंवट की भी मौत हो गई। वहीं, लकड़ी की नाव पत्थर में बदल गई। आज जिस जगह डोंगापथरा का मंदिर है, वह कभी महानदी के बीच का स्थान हुआ करता था। इसी स्थान पर वह नाव पलटी थी। देवपुर गांव के लोग बताते हैं कि डोंगेश्वर धाम में हर साल माघ पूर्णिमा के अवसर पर दो दिन का भव्य मेला लगता है। इस दौरान लोग सुबह-सुबह आस्था की डुबकी लगाने आते हैं। श्रद्धालु सिर्फ छत्तीसगढ़ से ही नहीं बल्कि अन्य राज्यों से भी यहां पहुंचते हैं। मेले में एक दिन पहले ही व्यापारी अपनी तैयारी शुरू कर देते हैं। यहां खाने-पीने की ढेरों स्टॉल लगती हैं, बच्चों के लिए झूले और खिलौने भी होते हैं। कपड़ों की दुकानों के साथ-साथ अलग-अलग समाजों के मंदिर और भवन भी सजते हैं, जहां सुबह-शाम पूजा पाठ किया जाता है।
बड़वानी में सड़क हादसों को रोकने और सुरक्षा के प्रति लोगों को जागरूक करने के लिए कलेक्टर जयति सिंह ने अब जिला कलेक्ट्रेट कार्यालय में बिना हेलमेट के दोपहिया वाहनों का प्रवेश बंद कर दिया गया है। कलेक्टर के आदेश के मुताबिक, यह नियम सिर्फ आम जनता के लिए ही नहीं, बल्कि दफ्तर में काम करने वाले सभी अधिकारियों और कर्मचारियों के लिए भी अनिवार्य है। अब कलेक्ट्रेट परिसर के अंदर वही बाइक या स्कूटर जा पाएंगे, जिनका चालक हेलमेट पहने होगा। सुरक्षा के लिए सख्त पहल इस आदेश का मकसद 'मध्यप्रदेश मोटरयान अधिनियम' के नियमों का कड़ाई से पालन करवाना है। प्रशासन का मानना है कि जब सरकारी दफ्तरों से इस नियम की शुरुआत होगी, तो समाज में भी अच्छा संदेश जाएगा। बढ़ेगी सड़क सुरक्षा अक्सर लोग हेलमेट पहनने में लापरवाही बरतते हैं, जिससे हादसों के वक्त सिर में गंभीर चोट आने का खतरा रहता है। कलेक्टर की इस पहल को जिले में सड़क सुरक्षा की दिशा में जरूरी बदलाव माना जा रहा है।
कैबिनेट मंत्री सोमवार को सवाई माधोपुर मेडिकल कॉलेज के घटिया निर्माण कार्य को देखकर भड़क गए। उन्होंने मौके पर मौजूद एग्जीक्यूटिव इंजीनियर और असिस्टेंट इंजीनियर को फटकार लगाते हुए कहा- तुम्हें शर्म नहीं आती है। प्लास्टर के नाम पर मिट्टी डाल रहे हो। चोर हो। लुटेरों...देश को खा गए। एग्जीक्यूटिव इंजीनियर का आरोप है कि इसके बाद मंत्री के समर्थक भी भड़क उठे और प्रोजेक्ट मैनेजर नवनीत के साथ मौजूद असिस्टेंट इंजीनियर से मारपीट शुरू कर दी। उन्हें पीटा गया। मामले की शिकायत भी जयपुर में बैठे उच्चाधिकारियों को की गई है। कृषि मंत्री डॉक्टर किरोडी लाल मीणा सोमवार शाम को सवाई माधोपुर मेडिकल कॉलेज का औचक निरीक्षण करने पहुंचे थे इसी दौरान उनके समर्थकों की ओर से कुछ अधिकारियों के साथ मारपीट की गई। निदेशक राकेश दीक्षित आरएसआरडीसी (राजस्थान राज्य सड़क विकास और निर्माण निगम लिमिटेड) ने उच्चाधिकारियों को दी है। मेडिकल कॉलेज का जायजा लेने गए थेदरअसल, कृषि मंत्री डॉ. किरोड़ी लाल मीणा सोमवार की शाम करीब 4 बजे ठींगला स्थित निर्माणाधीन राजकीय आयुर्विज्ञान महाविद्यालय (मेडिकल कॉलेज) का औचक निरीक्षण करने पहुंचे थे। इस दौरान कॉलेज बिल्डिंग के निर्माण में खामियां और घटिया निर्माण को लेकर कृषि मंत्री डॉक्टर किरोडी लाल मीणा ने नाराजगी जाहिर की। प्लास्टर को लेकर आरएसआरडीसी के अधिकारियों से सवाल किए तो वे जवाब नहीं दे पाए। मंत्री ने मौके पर मौजूद XEN राकेश कुमार दीक्षित, AEN सुमित मिश्रा और प्रोजेक्ट मैनेजर नवनीत को फटकार लगाई। कहा कि 'शर्म नहीं आती, लुटेरों...देश को खा गए।' उन्होंने कहा- सरकार पैसा दे रही है तो कॉलेज का निर्माण कार्य भी टिकाऊ और अच्छा होना चाहिए, उन्होंने कॉलेज निर्माणकार्य की निरंतर मॉनिटरिंग को लेकर उच्च अधिकारियों को निर्देश दिए। हालांकि आरोप है कि घटना के बाद उनके समर्थक भी भड़क उठे और अधिकारियों से मारपीट कर दी। एक्सईएन बोले- मंत्री समर्थकों ने हमें पीटा, उच्चाधिकारियों को शिकायत की हैएक्सईएन राकेश कुमार दीक्षित का कहना है- समर्थकों की भीड़ ने प्रोजेक्ट मैनेजर नवनीत और AEN सुमित मिश्रा के साथ मारपीट की। उसके बाद मेरे साथ मारपीट हुई। मुझे अंदेशा है कि घटना के सीसीटीवी फुटेज के साथ गड़बड़ी हो सकती है। अगर ऐसा किया गया तो प्रिंसिपल के खिलाफ भी एफआईआर दर्ज कराई जाएगी। दीक्षित का कहना है- मेडिकल कॉलेज के प्रिंसिपल बुद्धिप्रकाश ने द्वेषवश इतनी बड़ी बिल्डिंग में उन्हीं जगहों को दिखाया, जहां थोड़ी बहुत खामियां थीं। हालांकि घटना की शिकायत जयपुर में बैठे उच्चाधिकारियों को दी गई है। प्रिंसिपल बोले- खामियां मिलने के बाद मंत्री समर्थक नाराज हो गए थेमामले में मेडिकल कॉलेज के प्रिंसिपल डॉ. बीपी मीना का कहना है कि अधिकारियों की ओर से उनके ऊपर लगाए गए आरोप निराधार है। कृषि मंत्री के निरीक्षण के दौरान खामियां पाए जाने से समर्थक नाराज हुए थे, इसके बाद ही घटनाक्रम हुआ था।
नीट छात्रा की मौत मामला: सीबीआई को सौंपे जाने के बाद हाईकोर्ट ने पिता की याचिका खारिज की
पटना। पटना हाईकोर्ट ने सोमवार को पटना के एक गर्ल्स हॉस्टल में संदिग्ध परिस्थितियों में मृत नीट परीक्षार्थी के पिता द्वारा दायर एक आपराधिक याचिका पर सुनवाई की और बिहार सरकार द्वारा जांच केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) को सौंपे जाने की सूचना मिलने के बाद मामले को खारिज कर दिया। न्यायमूर्ति अरुण कुमार झा की एकल पीठ ने याचिका की सुनवाई करते हुए कहा कि चूंकि मामला अब सीबीआई को सौंप दिया गया है, इसलिए इस स्तर पर आगे किसी हस्तक्षेप की आवश्यकता नहीं है। अदालत ने स्पष्ट किया कि यदि सीबीआई जांच में कोई खामी पाई जाती है, तो याचिकाकर्ता दोबारा अदालत में अपील करने के लिए स्वतंत्र होगा। सुनवाई के दौरान, बिहार सरकार ने अदालत को सूचित किया कि सीबीआई ने जांच अपने हाथ में ले ली है और उससे विस्तृत जांच करने और उचित समय में अपनी रिपोर्ट प्रस्तुत करने की उम्मीद है। इससे पहले, न्यायमूर्ति अरुण कुमार झा के समक्ष तत्काल सुनवाई के लिए एक याचिका दायर की गई थी, जिसके बाद आज इस मामले पर सुनवाई हुई। याचिका में गृह एवं स्वास्थ्य विभागों के प्रधान सचिवों, पुलिस महानिदेशक (डीजीपी), पटना एसएसपी और चित्रगुप्त नगर पुलिस स्टेशन के स्टेशन हाउस ऑफिसर को प्रतिवादी बनाया गया है। शंभू गर्ल्स हॉस्टल के मालिक और तीन निजी अस्पतालों को भी प्रतिवादी बनाया गया है। मृतक लड़की के पिता ने न्याय की गुहार लगाते हुए हाईकोर्ट का रुख किया और बताया कि उनकी बेटी की मृत्यु 11 जनवरी, 2026 को नीट परीक्षा की तैयारी के दौरान संदिग्ध परिस्थितियों में हुई थी। अपनी याचिका में उन्होंने दावा किया कि बार-बार प्रयास करने के बावजूद, उनकी बेटी की मृत्यु के लिए जिम्मेदार लोगों की पहचान और उन्हें दंडित करने के लिए कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं की गई। उन्होंने मांग की कि जांच सुप्रीम कोर्ट या हाई कोर्ट के किसी सेवानिवृत्त न्यायाधीश की देखरेख में की जाए, या वैकल्पिक रूप से सीबीआई जैसी किसी स्वतंत्र एजेंसी को सौंप दी जाए। यह याचिका अधिवक्ता अलका वर्मा द्वारा जनहित याचिका (पीआईएल) के रूप में दायर की गई थी, जिसमें उन्होंने तर्क दिया कि पुलिस जांच किसी ठोस निष्कर्ष पर नहीं पहुंच पाई है, जिससे भ्रम और अविश्वास पैदा हुआ है। पीआईएल में हाईकोर्ट से हॉस्टलों, विशेष रूप से महिला हॉस्टलों में सुरक्षा मानकों को सख्ती से लागू करने और सभी निर्धारित नियमों और विनियमों का अनुपालन सुनिश्चित करने का भी आग्रह किया गया।
राजस्थान के जलदाय मंत्री कन्हैया लाल चौधरी ने केंद्रीय बजट को लेकर प्रेसवार्ता में कहा कि टोंक में ट्रेन लाने को लेकर भले ही बजट में कोई घोषणा नहीं हुई है। लेकिन जिले में ट्रेन लाने के लिए पूरा प्रयास किया जाएगा। इसके लिए केंद्रीय रेल मंत्री से मिलूंगा। उन्होंने यह भी कहा कि केंद्र सरकार टोंक में ट्रेन लाने के लिए पैसा वहन करे। उन्होंने आश्वस्त किया कि हमारे कार्यकाल में टोंक में ट्रेन लाने का काम शुरू करवा देंगे। बोले- हमारी सरकार झूठे वादे नहीं करती इसके अलावा उन्होंने कहा कि टोंक शहर के लोगों को रोजाना नलों के माध्यम से पानी उपलब्ध करवाने के लिए 90 करोड़ की पेयजल योजना प्रस्तावित है। इन्हें इस बजट में स्वीकृत कराने का प्रयास करेंगे। मालपुरा को जिला बनाने को लेकर मंत्री कन्हैया लाल चौधरी ने कहा कि जहां चार उपखंड हो, सात तहसील हो, उस निर्धारण में जो भी आएगा, वह जिले बनेंगे। इसी तरह नगर परिषद, नगर पालिका बनने के लिए मापदंड है, जो निर्धारित मापदंड पूरा करेगी, वह जिला, नगर परिषद, नगर पालिका सो प्रतिशत बन जाएगी। झूठे वादे हमारी सरकार नहीं करती है। मालपुरा का टोल दुर्भाग्य से कांग्रेस राज में लगा मालपुरा टोल को लेकर मंत्री कन्हैया लाल चौधरी ने कहा कि मालपुरा का टोल दुर्भाग्य से कांग्रेस राज में लगा है। 200 करोड़ में रोड बनी। लगभग उन्होंने सवा सौ करोड रुपए खर्च किए। और टोल चालू कर दिया। 2013 से 2018 में हमारे मुख्यमंत्री ने 2017 में छोटे टोल माफ कर दिए। कांग्रेस सरकार वापस आई तो टोल लगा दिया। हम बहुत जल्दी पूरी रोड को ही टोल मुक्त करेंगे। हम कोर्ट के अंदर पैरवी कर रहे हैं। जयपुर भीलवाड़ा स्टेट हाईवे पर सबसे ज्यादा दुर्दशा हो रही है, सबसे ज्यादा हादसे इसी पर होते हैं। खुद मुख्यमंत्री इस मामले को लेकर चिंतित है। व्यवस्था सही रहे, इसलिए पार्किंग शुरू की डिग्गी कल्याण जी मंदिर में पार्किंग व्यवस्था को लेकर मंत्री कन्हैया लाल चौधरी ने कहा कि वहां पर मेले के वक्त हजारों श्रद्धालु आते हैं। अव्यवस्था न हो उसके लिए व्यवस्थित करने के लिए लगाया है। डीजल पेट्रोल की रेट बजट में कम नहीं होने को लेकर कहा कि आज 7 -8 साल से पेट्रोल डीजल की दरे बढ़ी हुई हैं। सरकार की कोशिश रहती है कि जनता पर ज्यादा भार नहीं पड़े। इसके लिए हर संभव प्रयास कर रही है।
यमुनानगर के थाना छप्पर क्षेत्र के मुस्तफाबाद इलाके में गांव सियालवा के पास आज रात पुलिस और कुख्यात गैंगस्टर नोनी राणा के शूटर के बीच मुठभेड़ हो गई। अपराध शाखा को इनपुट मिला था कि नौनी गैंग से जुड़ा बदमाश किसी बड़ी वारदात को अंजाम देने की फिराक में इलाके में घूम रहा है। सूचना को गंभीरता से लेते हुए अपराध शाखा की टीम ने तत्काल इलाके में पहुंचकर रणनीतिक तरीके से घेराबंदी शुरू की। जैसे ही पुलिस टीम ने संदिग्धों को रोकने का प्रयास किया, खुद को घिरा देख बदमाशों ने पुलिस पर दो राउंड फायरिंग कर दी। गनीमत रही कि इस अचानक हुई फायरिंग में कोई भी पुलिसकर्मी घायल नहीं हुआ। पुलिस ने संयम बरतते हुए मोर्चा संभाला और बदमाश को पकड़ने का प्रयास किया। फांदने के प्रयास में टूटी टांगें मुठभेड़ के दौरान बदमाश मौके से भागने के लिए अंडरपास की दीवार फांदने लगा, लेकिन संतुलन बिगड़ने से वह नीचे गिर पड़ा। गिरने से उसकी दोनों टांगों में गंभीर फ्रैक्चर हो गया। घायल अवस्था में ही पुलिस ने उसे काबू में ले लिया और तत्काल एंबुलेंस के जरिए अस्पताल भिजवाया। पकड़े गए बदमाश की पहचान अरुण पुत्र राजबीर, निवासी मोहल्ला खेड़ा, जगाधरी के रूप में हुई है। सूत्रों के अनुसार अरुण कुख्यात नौनी गैंग से जुड़ा हुआ शूटर है और गैंग के लिए हथियारों की सप्लाई का भी काम करता था। शुरुआती जांच में सामने आया है कि अरुण का आपराधिक रिकॉर्ड काफी लंबा है और वह पहले भी कई गंभीर आपराधिक मामलों में जेल जा चुका है। फिलहाल वह जमानत पर बाहर था और एक बार फिर सक्रिय होकर किसी बड़ी वारदात की तैयारी में था। पूछताछ में होगा खुलासा मुठभेड़ की सूचना मिलते ही थाना छप्पर पुलिस भी मौके पर पहुंच गई। हालात को देखते हुए अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया, ताकि इलाके में कानून-व्यवस्था बनी रहे और किसी तरह की अफवाह न फैले। पुलिस ने घटनास्थल को सुरक्षित कर आसपास के क्षेत्र में गहन तलाशी अभियान चलाया। पुलिस ने तुरंत नाकाबंदी कर दी और जिले की सीमाओं पर भी अलर्ट जारी किया गया। फरार बदमाश की तलाश में सर्च ऑपरेशन लगातार जारी है। पुलिस का यह भी कहना है कि बदमाश किस वारदात को अंजाम देने आए थे, इसका खुलासा घायल बदमाश से पूछताछ के बाद होगा।
मुंगेर: तारापुर नगर क्षेत्र के धौनी गांव निवासी एक महिला ने तारापुर थाना में भाजपा के पूर्व प्रखंड अध्यक्ष विनीत कुमार सिंह पर गंभीर आरोप लगाए हैं। महिला ने लिखित आवेदन देकर उन पर छेड़खानी, जबरन घर में घुसकर अभद्र व्यवहार करने और पत्थरबाजी कर कार को क्षतिग्रस्त करने का आरोप लगाया है। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पीड़िता ने बताया आरोपी विनीत कुमार सिंह पति के मित्र थाने को दिए गए आवेदन में पीड़िता मनीषा मिंक ने बताया है कि स्वर्णडीह गांव निवासी स्वर्गीय अमरकांत सिंह के पुत्र विनीत कुमार सिंह बीते कुछ महीनों से उन्हें और उनके पति सौरभ कुमार चौधरी को लगातार परेशान कर रहे हैं। आरोपी विनीत कुमार सिंह उनके पति के मित्र हैं, जिस कारण उनका उनके घर आना-जाना पहले से था। पीड़िता के पति बिहार ग्रामीण बैंक में कार्यरत हैं। हाल ही में उनके पति का तबादला संग्रामपुर प्रखंड अंतर्गत कुमरसार स्थित ग्रामीण बैंक शाखा में हो गया। इसके बाद जब भी उनके पति ड्यूटी के लिए बाहर जाते हैं, आरोपी विनीत कुमार सिंह गलत मंशा से उनके घर आ धमकते हैं। इस पर आपत्ति जताने पर आरोपी का व्यवहार और आक्रामक हो गया। आरोपी के परिजनों को भी दी गई जानकारी आवेदन में यह भी उल्लेख है कि आरोपी ने कुमरसार स्थित बैंक शाखा में पहुंचकर पीड़िता के पति के साथ भद्दी गाली-गलौज की। इसकी जानकारी आरोपी के परिजनों को भी दी गई थी, लेकिन उनके व्यवहार में कोई सुधार नहीं हुआ। पीड़िता के अनुसार, बीते 21 जनवरी की रात करीब 10 बजे आरोपी ने राह चलते उन पर पत्थर से हमला किया। हालांकि, संयोगवश वह घायल होने से बच गईं। वहीं, 29 जनवरी को दिन के करीब 11:30 बजे पति की गैरमौजूदगी में आरोपी विनीत कुमार सिंह ने जबरन घर में घुसकर छेड़खानी करने का प्रयास किया। पीड़िता के विरोध और शोर मचाने पर आरोपी अपनी स्कूटी से फरार हो गया।
भीतरगांव में विराट हिंदू सम्मेलन संपन्न:वक्ताओं ने हिंदू समाज से एकजुट होने की अपील की
भीतरगांव में हिंदू समाज द्वारा आयोजित विराट हिंदू सम्मेलन श्रीकृष्ण लीला मैदान में संपन्न हुआ। यह आयोजन हिंदू समाज के सौ वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में किया गया था। कार्यक्रम के मुख्य वक्ता और मुख्य अतिथि सिद्धनाथ धाम के पूज्य श्री बालयोगी अरुण पुरी महाराज रहे। श्री जगन्नाथ मंदिर के पुजारी विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित थे। सम्मेलन की अध्यक्षता गंगा दयाल शुक्ला ने की। अपने संबोधन में वक्ताओं ने हिंदू समाज की एकता, संस्कारों और संगठन की मजबूती पर जोर दिया। इस कार्यक्रम में समाज के लोगों की भारी संख्या में उपस्थिति दर्ज की गई। इस अवसर पर दीपक बाजपेई, रवीश तिवारी, गुड्डू सिंह, संजू सिंह, लल्ला सिंह, दिलीप सैनी, अभिषेक गुप्ता, प्रांजुल, प्रियांशु, धीरेन्द्र सिंह, श्याम जी, राम जी, मयंक कुमार सहित संघ के जिला प्रचारक आशीष, शिवाकांत, कृष्ण गोपाल और सुरेश कुमार जैसे कई सहयोगी मौजूद रहे।
लखनऊ में महिला से मारपीट:पति के बुलाने पर मिलने गई, गाल काटने-जान से मारने की धमकी का आरोप
लखनऊ के अलीनगर इलाके में एक महिला के साथ मारपीट और जान से मारने की धमकी का मामला सामने आया है। न्यू इन्द्रलोक कॉलोनी निवासी महिला ने अपने पति के परिचितों पर गंभीर आरोप लगाए हैं। पति ने मोबाइल देने के बहाने महिला को बुलाया। इसके बाद उसके साथ घटना हुई। पुलिस मुकदमा दर्ज करके मामले की जांच कर रही है। न्यू इन्द्रलोक कॉलोनी, केसरीखेड़ा, कानपुर रोड निवासी अंजली गुप्ता ने बताया- गुरुवार को उनके पति मनोज कुमार गुप्ता ने फोन देने के बहाने उन्हें अलीनगर स्थित सुनहरा बगीचा बुलाया था। जब वह वहां पहुंचीं तो पति मौके पर मौजूद नहीं थे। इस दौरान उनकी मुलाकात काजल गौतम से हुई। जिसने बिना किसी कारण उनके साथ गाली-गलौज शुरू कर दी। 2 महिलाओं ने मिलकर पीटा पीड़िता का आरोप है कि वह विवाद से बचते हुए घर की ओर लौट रही थीं। तभी रास्ते में काजल की मां सुनीता ने उन्हें रोक लिया। इसी दौरान काजल ने पीछे से डंडे से हमला कर दिया, जिससे वह गिर पड़ीं। इसके बाद काजल, उसकी मां सुनीता और सुनीता की बहन की बेटी ने मिलकर लात-घूंसों से उनकी पिटाई की। जान से मारने की धमकी दी अंजली का कहना है कि काजल उनके सीने पर बैठ गई और मारपीट की। साथ ही गाल पर काट लिया। आरोप है कि तीनों ने उन्हें जान से मारने की धमकी भी दी। पीड़िता ने मामले में काजल गौतम, सुनीता और सुनीता की बहन की बेटी के खिलाफ FIR दर्ज कराई है। इंस्पेक्टर कृष्णानगर पीके सिंह ने बताया कि मुकदमा दर्ज करके मामले की जांच की जा रही है।
जोधपुर में कल तीन घंटे बिजली रहेगी गुल:मेंटिनेस के चलते रहेगा पावरकट, 30 इलाके होंगे प्रभावित
जोधपुर में बिजली लाइनों के रखरखाव के चलते मंगलवार को शहर के कई इलाकों में बिजली नहीं आएगी। इसके चलते करीब 30 क्षेत्रों में तीन घंटे तक का पावरकट रहेगा। सुबह 9 से 12 बजे तक यहां रहेगा पावरकट इन्जि कॉलेज, सेनापति भवन, पंचवटी कॉलोनी, राजपुताना पम्प, हाईकोर्ट कॉलोनी, कमी नीर, कलेक्टर एवं डी.आई.जी. बंगला, सिविल लाइंस एरिया, महावीर कॉलोनी, भास्कर चौराहा, धोकल सिंह बिल्डिंग, सुभाष चौक, नई लोको, रातानाडा सब्जी मंडी, वेटनरी अस्पताल, अभयगढ़, सेंट्रल स्कूल, एयरपोर्ट मेनगेट, चन्द्राइन होटल, पॉलिटेक्नीक कॉलेज व छात्रावास, होटल अशोक, इंद्रा कॉलोनी, नेहरू कॉलोनी, कृष्णा नगर, गणेापुरा, एल.आई.सी. कार्यालय, पटेल नगर ईस्ट व वेस्ट, 33/11 केवी इन्जिनियरिंग कॉलेज से सम्बन्धित सम्पूर्ण क्षेत्र में 3 घंटे तक बिजली बंद रहेगी।
जन कल्याण संस्थान के तत्वावधान में जयपुर जगतपुरा में महल रोड स्थित 11- रामचंद्रपुरा में पांच दिवसीय श्रीराम परिवार मंदिर का प्राण प्रतिष्ठा एवं विराट हिंदू सम्मेलन का आयोजन 7 फरवरी को किया जाएगा। कार्यक्रम संयोजक डॉ. गोपाल शरण गुप्ता ने बताया- प्रताप नगर क्षेत्र में कार्यकर्ताओं तथा स्थानीय लोगों में विशेष उत्साह है। डॉ. गुप्ता ने बताया- घर-घर संपर्क अभियान चलाया जा रहा है। बंबला बस्ती में प्रभात फेरी निकाली गई। अभियान के दौरान सूचना पत्र बांटे गए। महिलाओं को कलश यात्रा में शामिल होने के लिए आमंत्रित किया गया। भजनों और संदेशों के माध्यम से क्षेत्र में सकारात्मक वातावरण निर्मित किया गया। कार्यकर्ताओं के साथ की समीक्षा बैठक महिला मंडल के निर्देशन में विस्तृत समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में कार्यक्रम की रूपरेखा, दायित्व वितरण, जनसंपर्क गतिविधियों और आवश्यक व्यवस्थाओं पर चर्चा की गई। प्राण प्रतिष्ठा पर विधानी ग्राम स्थित पंकज योगी राज ने बताया- कलश यात्रा आश्रम हनुमान मंदिर पीपली चौराया जगतपुरा से रवाना होकर जन कल्याण संस्थान पहुंचेगी। कलश यात्रा के बाद संत बालक दास महाराज के प्रवचन होंगे। विराट हिंदू सम्मेलन को आरएसएस के सुरेश सोनी करेंगे संबोधन रामचंद्रपुरा में 7 फरवरी को श्रीराम मंदिर की प्राण प्रतिष्ठा के बाद हिंदू विराट सम्मेलन का आयोजन किया जाएगा। आयोजन समिति के गोपाल शरण ने बताया- विराट हिंदू सम्मेलन के मुख्य वक्ता के रूप में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की अखिल भारतीय कार्यकारिणी के सदस्य सुरेश सोनी संबोधन करेंगे। साथ ही सिद्धेश्वर हनुमान मंदिर के 1008 अवधेशाचार्य महाराज, धर्म जागरण समन्वयक अखिल भारतीय प्रमुख शरद राव ढोले, धर्म जागरण समन्वयक अखिल भारतीय सह प्रमुख श्याम सुंदर का भी संबोधन रहेगा।
आयुक्त प्रमंडल, दरभंगा हिमांशु कुमार राय की अध्यक्षता में उनके कार्यालय कक्ष में आम नागरिकों की समस्याओं के समाधान के लिए जनता दरबार का आयोजन किया गया। जनता दरबार के दौरान विभिन्न विभागों से संबंधित परिवादों की सुनवाई की गई और समस्याओं के तुरंत, प्रभावी और पारदर्शी निस्तारण पर विशेष बल दिया गया। जनता दरबार में समाज कल्याण विभाग, राजस्व विभाग सहित विभिन्न विभागों से संबंधित कुल 15 से अधिक परिवाद हासिल हुए। कई मामलों का समाधान मौके पर ही विभागीय स्तर पर कर दिया गया, जबकि शेष मामलों के शीघ्र निष्पादन के लिए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए। जनता दरबार के दौरान सबा सुल्ताना, सेवा निवृत्त महिला पर्यवेक्षिका, बाल विकास परियोजना पदाधिकारी, पूसा (समस्तीपुर) से सेवा निवृत्त होने के बाद सेवानिवृत्ति लाभ से संबंधित आवेदन लेकर उपस्थित हुईं। आयुक्त ने मामले की गंभीरता को देखते हुए संबंधित पदाधिकारी को जांच कर विस्तृत रिपोर्ट प्रस्तुत करने का निर्देश दिया। आयुक्त ने सभी विभागों के अधिकारियों को निर्देश दिया कि सभी परिवादों पर प्राथमिकता के आधार पर कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। उन्होंने यह भी निर्देशित किया कि सभी मामलों से संबंधित रिपोर्ट अधिकतम सात दिनों के भीतर जन शिकायत कोषांग, दरभंगा प्रमंडल में उपलब्ध कराया जाए। गुणवत्तापूर्ण समाधान प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता आयुक्त ने कहा कि जनता की समस्याओं का समयबद्ध और गुणवत्तापूर्ण समाधान प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने अधिकारियों को जिम्मेदारी और संवेदनशीलता के साथ कार्य करने तथा जनहित से जुड़े मामलों में किसी भी प्रकार की लापरवाही न बरतने का निर्देश दिया। इधर, सौ दिवसीय बाल विवाह मुक्त भारत अभियान के तहत आदर्श मध्य विद्यालय में जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए जिला विधिक सेवा प्राधिकार की सचिव आरती कुमारी ने कहा कि बाल विवाह से बच्चों के मानसिक और शारीरिक स्वास्थ्य पर गंभीर दुष्प्रभाव पड़ता है और इससे उनके विकास के अवसर बाधित होते हैं। भारत में बाल विवाह को रोकने, पीड़ितों को राहत, पुनर्वास और दोषियों को दंडित करने के लिए बाल विवाह प्रतिषेध अधिनियम, 2006 लागू है। इस कानून के अनुसार लड़कियों के विवाह की न्यूनतम आयु 18 साल और लड़कों की 21 साल निर्धारित है। टोल फ्री नंबर 15100 पर दे सकते है सूचना सचिव आरती कुमारी ने बताया कि बाल विवाह की सूचना पुलिस, बाल विवाह निषेध अधिकारी, बाल कल्याण समिति, जिलाधिकारी, चाइल्ड हेल्पलाइन नंबर 1098 या नालसा के टोल फ्री नंबर 15100 पर दी जा सकती है।
फरीदाबाद में छेड़छाड़ के दोषी को 3 साल की सजा:5 साल बाद कोर्ट ने दिया फैसला; 25 हजार का जुर्माना
फरीदाबाद जिला कोर्ट ने नाबालिग के साथ छेड़खानी के एक मामले में आरोपी को दोषी करार देते हुए तीन साल की सजा और 25 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है। एडिशनल सेशन जज अभिषेक नेयह फैसला सुनाया। कोर्ट ने आरोपी को पॉक्सो एक्ट की धारा 8 के तहत दोषी मानते हुए सजा निर्धारित की। साल 2020 का मामला यह मामला वर्ष 2020 का है। सूरजकुंड थाना क्षेत्र में रहने वाले एक व्यक्ति ने पुलिस को दी शिकायत में बताया था कि उसकी 12 वर्षीय बेटी घर के गेट के पास बने बाथरूम में गई थी। उसी दौरान मोहल्ले में रहने वाला युवक रोहित वहां पहुंच गया। आरोप है कि रोहित ने बच्ची को पकड़ लिया और उसके साथ छेड़खानी की। बच्ची के शोर मचाने पर पकड़ा घटना के दौरान बच्ची ने शोर मचाया, जिसकी आवाज सुनकर परिजन मौके पर पहुंच गए। परिजनों ने आरोपी रोहित को मौके पर ही पकड़ लिया और उसकी पिटाई कर दी। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया। मामले की सुनवाई पूरी होने के बाद सोमवार को कोर्ट ने अपना फैसला सुनाते हुए आरोपी को तीन साल की सजा और 25 हजार रुपए जुर्माने से दंडित किया। कोर्ट के फैसले से पीड़ित परिवार को न्याय मिला है।
चंडीगढ़ के बहुचर्चित सोनू शाह हत्याकांड में पुलिस की बड़ी लापरवाही सामने आई है। लॉरेंस गैंग से जुड़े इस सनसनीखेज मामले का एक प्रमुख चश्मदीद गवाह जोगिंदर सिंह पिछले कई वर्षों से लापता है। हैरानी की बात यह है कि पुलिस को अब तक यह भी पता नहीं चल पाया है कि जोगिंदर सिंह जिंदा है या उसकी मौत हो चुकी है। यह मामला 7 साल पहले बुडैल इलाके में हुए राजवीर सिंह उर्फ सोनू शाह की गोली मारकर हत्या से जुड़ा है। घटना के समय सोनू शाह के साथ जोगिंदर सिंह और परमिंदर सिंह भी मौजूद थे। दोनों इस हमले में घायल हुए थे। बाद में परमिंदर सिंह की मौत हो गई, जबकि जोगिंदर सिंह का कोई ठोस सुराग आज तक नहीं लग सका। अदालत में नहीं दे पाई गवाह की जानकारी मामले की सुनवाई के दौरान पुलिस अदालत में जोगिंदर सिंह के बारे में कोई स्पष्ट जानकारी पेश नहीं कर सकी। सोनू शाह के भाई प्रवीण शाह ने अदालत में बयान दिया कि जोगिंदर की मौत हो चुकी है, लेकिन पुलिस के पास न तो उसका डेथ सर्टिफिकेट है और न ही मौत से जुड़ा कोई रिकॉर्ड। पत्नी और रिश्तेदारों को भी नहीं जानकारी पुलिस जांच में सामने आया कि जोगिंदर सिंह की पत्नी सुनीता पिछले 12-13 साल से उससे अलग रह रही है। सुनीता ने पुलिस को बताया कि उसे भी नहीं पता कि उसका पति जिंदा है या नहीं। पुलिस ने जोगिंदर के पैतृक गांव जींद (हरियाणा) में भी पूछताछ की, लेकिन वहां से भी कोई पुख्ता जानकारी नहीं मिल सकी। जोगिंदर के भतीजे सुनील ने बताया कि करीब तीन साल पहले जोगिंदर गांव आया था। वह बीमार था, इलाज के बाद बिना किसी को बताए चला गया। उसके पास न आधार कार्ड की जानकारी है और न ही कोई संपर्क नंबर। लॉरेंस बिश्नोई पर हत्या करवाने का आरोप पुलिस के मुताबिक सोनू शाह की हत्या गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई के इशारे पर करवाई गई थी। अज्ञात शूटर सोनू शाह के बुडैल स्थित ऑफिस में घुसे और ताबड़तोड़ फायरिंग कर फरार हो गए थे। बाद में पुलिस ने शूटरों को गिरफ्तार किया, जिन्होंने पूछताछ में लॉरेंस के कहने पर वारदात को अंजाम देने की बात कबूली थी। इस मामले में लॉरेंस के अलावा धर्मेंद्र, शुभम उर्फ बिगनी, मंजीत उर्फ राहुल मोटा, अभिषेक उर्फ बंटी, राजू बसोदी, राजन उर्फ जाट और दीपक रंगा को आरोपी बनाया गया है। अहम गवाह के लापता होने से केस की सुनवाई और सच्चाई तक पहुंचने में बड़ी बाधा खड़ी हो गई है, जबकि पुलिस अब भी यह तय नहीं कर पाई है कि चश्मदीद गवाह जोगिंदर सिंह जिंदा है या नहीं।
सुप्रीम कोर्ट ने आय से अधिक संपत्ति मामले में अकाली नेता बिक्रम सिंह मजीठिया को जमानत दी
न्यायमूर्ति नाथ की अध्यक्षता वाली पीठ ने यह भी कहा कि एनडीपीएस मामले में जमानत के खिलाफ पंजाब सरकार द्वारा दायर विशेष अनुमति याचिका (एसएलपी) 2025 में खारिज कर दी गई थी।
युवक पर शादी का झांसा देकर शारीरिक शोषण का आरोप:किशनगंज में युवती ने दर्ज कराई FIR, आरोपी अरेस्ट
किशनगंज में बंगाल की एक युवती ने बंगाल के दालकोला थाना क्षेत्र के एक युवक पर शादी का झांसा देकर शारीरिक शोषण का आरोप लगाया है। युवती के बयान पर रविवार को सदर थाना में आरोपी युवक के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई, जिसके बाद पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया। आरोपी की पहचान मिथुन कुमार दास के रूप में हुई है, जो दालकोला थाना क्षेत्र का निवासी है। नर्सिंगहोम में हुई थी आरोपी युवक से मुलाकाल दर्ज प्राथमिकी के अनुसार, पीड़ित युवती वर्ष 2021 से किशनगंज के एक नर्सिंगहोम में कार्यरत थी। वर्ष 2022 में उसकी पहचान आरोपी युवक से हुई, जो उसी नर्सिंगहोम में काम करता था। इस दौरान दोनों साथ भोजन करते थे। युवती ने आरोप लगाया है कि इसी बात का फायदा उठाकर आरोपी युवक उसके कमरे में घुस गया और जबरन दुष्कर्म किया। विरोध करने पर युवक ने युवती से शादी करने का वादा किया। इसके बाद भी वह लगातार उसका शारीरिक शोषण करता रहा। जब भी युवती शादी की बात करती, आरोपी टालमटोल करता था। जेवर खरीदने के नाम पर डेढ़ लाख रुपये लेकर फरार बाद में, आरोपी युवक ने युवती से शादी करने का झांसा देकर जेवर खरीदने के नाम पर उससे डेढ़ लाख रुपये ले लिए और फरार हो गया। कुछ दिनों बाद, रविवार को पीड़ित युवती की नजर अचानक एक मेले में आरोपी युवक पर पड़ी। युवती ने उससे शादी का वादा कर फरार होने का कारण पूछा, जिस पर युवक ने उसके साथ दुर्व्यवहार करना शुरू कर दिया। पीड़ित युवती ने तत्काल डायल 112 पर घटना की सूचना दी। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और आरोपी युवक को पकड़कर थाने ले आई। सदर थानाध्यक्ष अभिषेक रंजन ने बताया कि युवती के बयान पर प्राथमिकी दर्ज कर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी गई है।
मध्यप्रदेश के बालाघाट जिले के खैरलांजी निवासी प्रसन्नजीत रंगारी सात साल बाद पाकिस्तान की जेल से रिहा हो गए हैं। 31 जनवरी को पाकिस्तान द्वारा रिहा किए गए सात भारतीय कैदियों में उनका नाम भी शामिल है। वर्षों से उनकी वतन वापसी के लिए संघर्ष कर रहीं बहन संघमित्रा के प्रयास आखिरकार रंग ले आए। परिवार अब उन्हें लेने के लिए अमृतसर जाने की तैयारी कर रहा है। पाकिस्तान की जेल में प्रसन्नजीत को सुनील अदे के नाम से बंद रखा गया था। 1 अक्टूबर 2019 को उन्हें पाकिस्तान के बाटापुर से हिरासत में लिया गया था। दिसंबर 2021 में इसकी जानकारी सामने आने के बाद से संघमित्रा लगातार प्रशासन और विभिन्न माध्यमों से भाई की रिहाई के लिए प्रयासरत थीं। अमृतसर में पूरी हुई कानूनी प्रक्रियाअटारी–वाघा बॉर्डर पर कस्टम और इमिग्रेशन की औपचारिकताएं पूरी करने के बाद प्रसन्नजीत को अमृतसर के रेड क्रॉस भवन (मजीठा रोड) और गुरु नानक देव अस्पताल में रखा गया है। उनके जीजा राजेश उन्हें लेने अमृतसर जाएंगे। परिवार की आर्थिक स्थिति कमजोर होने के कारण प्रशासन से सहायता का आश्वासन मिला है। सालों बाद सुनी भाई की आवाज1 फरवरी को खैरलांजी थाना पुलिस से फोन आने पर परिवार को रिहाई की जानकारी मिली। इसके बाद अमृतसर थाने से आए कॉल पर संघमित्रा ने वर्षों बाद अपने भाई की आवाज सुनी। इस दौरान भावनात्मक माहौल बन गया। प्रसन्नजीत के लापता होने के बाद उनके पिता लोपचंद रंगारी का निधन हो चुका है। 2017 में लापता हुआ था युवकप्रसन्नजीत 2017 में घर से लापता हो गए थे। वह कुछ समय बिहार गए और लौटे भी, लेकिन बाद में दोबारा गायब हो गए। परिजनों ने काफी तलाश की, लेकिन कोई सुराग नहीं मिला और उन्हें मृत मान लिया गया था। दिसंबर 2021 में अचानक आए फोन से परिवार को पता चला कि वे पाकिस्तान की जेल में बंद हैं। मां को खुशी के साथ बेटे की चिंता भीबेटे की रिहाई की खबर सुनते ही मां की आंखों से आंसू छलक आए। बेटे की वापसी की खुशी के साथ उसकी मानसिक स्थिति को लेकर चिंता भी है। सात साल बाद परिवार का इंतजार खत्म हुआ है, लेकिन बीते वर्षों का दर्द भी चेहरों पर साफ दिखता है। बी. फार्मेसी तक पढ़ाई, फिर बिगड़ी मानसिक स्थितिखैरलांजी निवासी प्रसन्नजीत पढ़ाई में तेज थे। पिता ने कर्ज लेकर उन्हें जबलपुर के गुरु रामदास खालसा इंस्टिट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी से बी. फार्मेसी की पढ़ाई कराई। वर्ष 2011 में उन्होंने एमपी स्टेट फार्मेसी काउंसिल में रजिस्ट्रेशन कराया। इसके बाद वे आगे की पढ़ाई करना चाहते थे, लेकिन मानसिक स्थिति बिगड़ने के कारण पढ़ाई छोड़कर घर लौट आए। ये भी पढ़ें- बहन हर साल करती है भाई के लौटने का इंतजार:पाकिस्तान की जेल में बंद है बालाघाट का प्रसन्नजीत, 6 साल पहले हुआ था लापता प्रिय भाई, मैं रक्षाबंधन पर तुझे बहुत याद करती हूं। मैं राखी बांधना चाहती हूं, लेकिन तू मुझसे बहुत दूर है। मैं तुझसे मिलना भी चाहती हूं। तू पाकिस्तान की जेल में बंद है। भारत सरकार से मांग करती हूं कि ये राखी पहुंचाकर एक बहन का अरमान पूरा करे। चिट्ठी में लिखी इस इबारत को पढ़ने के बाद संघमित्रा खुद को संभाल नहीं पाती और भाई की याद में रोने लगती है। वह पिछले 4 साल से अपने भाई को वापस भारत लाने की कोशिशें कर रही है। भारत सरकार को कई बार चिट्ठी लिख चुकी है लेकिन अभी तक उसे कोई कामयाबी नहीं मिली है। पढ़ें पूरी खबर…
कौआकोल सीओ-राजस्व अधिकारी हड़ताल पर:अंचल कार्यालय बंद, DCLR पदनाम बदलने से नाराज
नवादा जिले के कौआकोल अंचल कार्यालय में सीओ मनीष कुमार और राजस्व अधिकारी अनीश कुमार के अनिश्चितकालीन हड़ताल पर चले जाने से कामकाज ठप हो गया है। संघ के आह्वान पर शुरू हुई इस हड़ताल के कारण अंचल कार्यालय में सन्नाटा पसरा है और ताला लटका हुआ है। हड़ताल के चलते दाखिल-खारिज सहित विभिन्न प्रकार के प्रमाण पत्र जारी करने का काम पूरी तरह रुक गया है। इससे आम लोगों की परेशानी बढ़नी तय है, क्योंकि उन्हें आवश्यक सेवाओं के लिए इंतजार करना पड़ रहा है। सीओ मनीष कुमार ने बताया कि वे 29 जनवरी को हुई मंत्रिपरिषद की बैठक में डीसीएलआर पद से संबंधित लिए गए निर्णय के विरोध में हड़ताल पर हैं। उनके अनुसार, यह निर्णय उनके संवर्ग के हित में नहीं है और इससे उनकी पदोन्नति की संभावनाएं खतरे में पड़ गई हैं। राजस्व अधिकारियों का मानना है कि पहले राजस्व अधिकारी ही पदोन्नत होकर डीसीएलआर और एडीएम बनते थे। लेकिन, अब एक नया पद बनाए जाने से उनकी पदोन्नति की संभावनाएं समाप्त हो सकती हैं। सीओ का कहना है कि कैबिनेट के इन निर्णयों से बिहार राजस्व सेवा के अधिकारियों के पदोन्नति मार्ग और कार्यक्षेत्र पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ेगा। उन्होंने यह भी बताया कि यह निर्णय न केवल बिहार राजस्व सेवा नियमावली 2010 की भावना के विपरीत है, बल्कि माननीय पटना उच्च न्यायालय के पूर्व आदेशों की भी अनदेखी करता है। दाखिल-खारिज, जमाबंदी अद्यतन, म्यूटेशन अपील और भूमि विवाद निपटारे जैसे मामलों में पहले से ही कार्यभार अधिक है, ऐसे में सेवा शर्तों में अस्थिरता कर्मचारियों का मनोबल गिरा रही है। मंत्रिपरिषद के निर्णय संख्या 23 के तहत भूमि सुधार उप समाहर्ता पदनाम में बदलाव किया गया है, और निर्णय संख्या 30 के तहत बिहार प्रशासनिक सेवा संवर्ग में 101 नए पदों का सृजन किया गया है। दरअसल, पिछली मंत्रिपरिषद की बैठक में डीसीएलआर के पद को बदलकर अनुमंडल राजस्व अधिकारी कर दिया गया है। इन फैसलों से राजस्व सेवा के भविष्य पर प्रश्नचिह्न खड़ा हो गया है, जिससे राजस्व संवर्ग के अधिकारियों में खासी नाराजगी है।
भागलपुर में प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि (योजना के तहत ई-केवाईसी और किसान रजिस्ट्री से संबंधित काम की समीक्षा को लेकर आज समाहरणालय स्थित समीक्षा भवन में बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता जिलाधिकारी डॉ. नवल किशोर चौधरी ने की। बैठक में जिलाधिकारी ने निर्देश देते हुए कहा कि पीएम-किसान योजना से जुड़े सभी काम को प्राथमिकता के आधार पर समयबद्ध तरीके से पूरा किया जाए। उन्होंने विशेष रूप से ई-केवाईसी और किसान रजिस्ट्री के काम को पारदर्शी, त्रुटिरहित व निर्धारित समय-सीमा के भीतर निष्पादित करने पर जोर दिया, ताकि जिले का कोई भी पात्र किसान योजना के फायदे से वंचित न रह जाए। डीएम ने चेतावनी दी कि भविष्य में यदि इस काम में किसी भी स्तर पर लापरवाही या शिथिलता पाई गई, तो उसे गंभीरता से लिया जाएगा और दोषी पदाधिकारियों व कर्मियों के विरुद्ध कड़ी अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने अंचल और प्रखंड स्तर के अधिकारियों और कर्मचारियों को अपने-अपने दायित्वों का जिम्मेदारी के साथ निर्वहन करने का निर्देश दिया। जिला प्रशासन की ओर से किसानों से अपील की गई है कि वे अपने नजदीकी प्रखंड या अंचल कार्यालय में संपर्क कर पीएम-किसान योजना के तहत ई-केवाईसी और किसान रजिस्ट्री से जुड़े काम जल्द से जल्द पूरा करा लें। इससे उन्हें योजना का फायदा बिना किसी बाधा के मिलता रहेगा।
रोहतास में गुरु रविदास जयंती पर भव्य जुलूस:श्रद्धालुओं ने समता और भाईचारे का संदेश दिया
रोहतास नगर पंचायत में सोमवार शाम संत शिरोमणि गुरु रविदास जी की जयंती पर एक भव्य जुलूस निकाला गया। यह जुलूस शाम करीब 7 बजे शुरू हुआ, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालु, सामाजिक कार्यकर्ता, स्थानीय जनप्रतिनिधि और प्रशासनिक अधिकारी शामिल हुए। जुलूस की शुरुआत पुल क्षेत्र से हुई और यह अकबरपुर होते हुए रोहतास बाजार से गुजरकर प्रखंड कार्यालय तक पहुँचा। मार्ग में जगह-जगह लोगों ने पुष्पवर्षा कर जुलूस का स्वागत किया, जिससे पूरे नगर में उत्सव का माहौल बन गया। जुलूस के दौरान शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद रहा। रोहतास थाना प्रभारी निकुंज भूषण प्रसाद स्वयं मौके पर मौजूद रहकर विधि-व्यवस्था की निगरानी कर रहे थे। इस अवसर पर नगर पंचायत अध्यक्ष प्रतिनिधि तोरब नियाज़, छोटन, संजीव कुमार, मुखेश कुमार, भाजपा नेता विशाल देव, बिपिन कुमार राम और दास जी सहित कई गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे। सभी वक्ताओं ने संत रविदास जी के समता, भाईचारा और सामाजिक न्याय के विचारों पर प्रकाश डालते हुए समाज में आपसी सौहार्द बनाए रखने की अपील की। वक्ताओं ने कहा कि संत रविदास जी की शिक्षाएं आज भी प्रासंगिक हैं और उनके आदर्शों पर चलकर ही एक समरस समाज का निर्माण संभव है। यह कार्यक्रम शांतिपूर्ण और सफलतापूर्वक संपन्न हुआ।
सिलेंडर फटने से दुकान में आग, दुकानदार की मौत:पसवाड़ा में हादसा, लाखों का सामान जलकर राख
मेरठ में परीक्षितगढ़ के पसवाड़ा गांव में सोमवार शाम एक दुकान में सिलेंडर फटने से आग लग गई। इस हादसे में दुकान के मालिक योगेंद्र सिंह (75) की जलकर मौत हो गई। दुकान में रखा सारा सामान और नकदी भी जलकर राख हो गई। जानकारी के अनुसार, योगेंद्र सिंह गांव में ही एक कमरे में दुकान चलाते थे और वहीं रहते व खाना भी बनाते थे। सोमवार शाम जब वह खाना बना रहे थे, तभी अचानक सिलेंडर से आग निकली और देखते ही देखते पूरी दुकान में फैल गई। योगेंद्र आग की चपेट में आ गए। आग लगने की सूचना पर सैकड़ों ग्रामीण मौके पर पहुंचे और आग बुझाने का प्रयास किया, लेकिन तब तक सब कुछ जलकर नष्ट हो चुका था। थाना पुलिस भी मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर सीएचसी ले आई। पुलिस ने शव का पंचनामा भरकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। ग्रामीणों ने बताया कि मृतक योगेंद्र सिंह की उम्र करीब 75 साल थी। योगेंद्र का एक बेटा सुमित है, जो अपनी मां राजेश्वरी और तीन बहनों के साथ मेरठ में रहता है। ग्रामीणों के अनुसार, योगेंद्र ने करीब 30 साल पहले संन्यास ले लिया था और घर छोड़कर चले गए थे। बाद में जब वह लौटे, तो परिजनों से उनकी अनबन हो गई। इसके बाद सुमित अपनी मां और बहनों को लेकर मेरठ चला गया। सुमित मेरठ में एक कंपनी में नौकरी करता है और उसने अपनी बहनों की शादी भी कर दी है। वह अपनी मां राजेश्वरी के साथ मेरठ में ही रहता है। ग्रामीणों ने फोन पर सुमित को घटना की सूचना दे दी है। थानाध्यक्ष सुदीश सिंह सिरोही ने बताया कि योगेंद्र के बेटे को सूचना दे दी गई है। आग से दुकान में रखा सभी सामान और नकदी जलकर राख हो गई है।
ममता ने मुख्य चुनाव आयुक्त से की मुलाकात कर कहा, लाखों मतदाताओं के सूची से नाम काटे गये
नई दिल्ली। पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने सोमवार को यहां मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार से मुलाकात की और उनसे कहा कि मतदाता सूची विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) के दौरान 58 लाख मतदाताओं के नाम बिना उचित प्रक्रिया के सूची से हटा दिये गये हैं। करीब डेढ़ घंटे चली इस बैठक में उनके साथ तृणमूल कांग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव अभिषेक बनर्जी, सांसद कल्याण बनर्जी और पार्टी के अन्य नेता भी मौजूद थे। बैठक का मुख्य मुद्दा पश्चिम बंगाल में एसआईआर को लेकर उठे विवाद थे। चुनाव आयोग से बाहर निकलने के बाद सुश्री बनर्जी ने कड़ा रुख अपनाते हुए कहा कि वह बेहद आहत और दुखी हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि एसआईआर के नाम पर पश्चिम बंगाल में 58 लाख मतदाताओं के नाम बिना उचित प्रक्रिया के हटा दिये गये और लोगों को अपना पक्ष रखने का मौका तक नहीं दिया गया। सुश्री बनर्जी ने कहा कि लोकतंत्र में चुनाव एक उत्सव की तरह होते हैं, लेकिन चुनाव आयोग की कार्रवाई ने इस भावना को ठेस पहुंचाई है। उन्होंने सवाल किया कि यदि एसआईआर करना ही था, तो इसे चुनावी राज्यों से अलग और बेहतर योजना के साथ क्यों नहीं किया गया। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि भाजपा शासित असम में एसआईआर नहीं हुआ, जबकि पश्चिम बंगाल और तमिलनाडु को निशाना बनाया गया। जन्म प्रमाण पत्र मांगे जाने पर आपत्ति जताते हुए सुश्री बनर्जी ने कहा कि पहले अधिकतर जन्म घरों में होते थे, ऐसे में यह दस्तावेज मांगना अव्यावहारिक है। मुख्यमंत्री ने दावा किया कि एसआईआर प्रक्रिया के दौरान बूथ लेवल एजेंट समेत 150 से अधिक लोगों की मौत हुई और कई जीवित लोगों को मतदाता सूची में मृत घोषित कर दिया गया, जो पूरी प्रक्रिया पर गंभीर सवाल खड़े करता है। उन्होंने कहा, “ चुनाव आयोग की तरफ से कहा जा रहा है, उन्होंने जो कुछ भी किया है, वह सही है। ये लोग भाजपा के निर्देश पर काम कर रहे हैं, लाखों लोगों के नाम मतदाता सूची से हटा दिये गये हैं। मैं लाखों लोगों को दिल्ली ला सकती हूं, और उन्हें किसी के भी सामने पेश कर सकती हूं। ”
भागलपुर में सबका सम्मान जीवन आसान योजना के तहत आज समाहरणालय परिसर में जिलाधिकारी डॉ. नवल किशोर चौधरी ने आमजनों की समस्याएं सुनीं। 7 निश्चय-3 से बढ़ेगा अपना बिहार कार्यक्रम के अंतर्गत आयोजित इस जनसुनवाई में कुल 16 आवेदनों पर सुनवाई की गई। इनमें मुख्य रूप से लंबित पेंशन, जमीन विवाद और विभिन्न विभागों से जुड़े मामले शामिल रहे। जनसुनवाई के दौरान एक दिव्यांग आवेदक व्हीलचेयर पर जिलाधिकारी के सामने पहुंचा और अपनी समस्या रखी। जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को मामले के निष्पादन का निर्देश दिया। कार्यक्रम में उप विकास आयुक्त, अपर समाहर्ता राजस्व, अपर समाहर्ता आपदा प्रबंधन, अपर समाहर्ता विधि-व्यवस्था सहित जिला स्तरीय पदाधिकारी उपस्थित थे। जिले के सभी प्रखंड, अंचल और थाना स्तर पर भी सबका सम्मान–जीवन आसान के तहत आम जनता की शिकायतों की सुनवाई की गई। विभिन्न कार्यालयों में हासिल आवेदनों का पंजीकरण कर आवेदकों को प्राप्ति रसीद उपलब्ध कराई गई। साथ ही जनसुनवाई में आए लोगों के बैठने की समुचित व्यवस्था, शुद्ध पेयजल और शौचालय की सुविधा भी कार्यालयों के समीप सुनिश्चित की गई। DM नवल किशोर चौधरी ने बताया कि 7 निश्चय-3 से बढ़ेगा अपना बिहार कार्यक्रम के अंतर्गत सबका सम्मान–जीवन आसान योजना के तहत प्रत्येक सोमवार और शुक्रवार को सभी पदाधिकारी अपने-अपने कार्यालयों में आम जनता की समस्याओं की सुनवाई कर रहे हैं, ताकि लोगों को समयबद्ध और पारदर्शी तरीके से राहत मिल सके।
फतेहाबाद में रोडवेज बस-बाइक की टक्कर, 2 की मौत:दोनों युवक घर लौट रहे थे; एक मां-बहन का इकलौता सहारा
फतेहाबाद जिले में भूना और गांव नाढोड़ी के बीच में रोडवेज बस और बाइक के बीच आमने-सामने की टक्कर हो गई। इससे बाइक सवार दो युवकों की मौत हो गई। युवक भूना से गांव नाढोड़ी की ओर जा रहे थे। वहीं, बस नाढोड़ी से भूना की ओर जा रही थी। हालांकि, दोनों युवकों को तत्काल सीएचसी भूना ले जाया गया। मगर डॉक्टर ने मृत घोषित कर दिया। मामले की सूचना पाकर काफी ग्रामीण सीएचसी में एकत्रित हुए। वहीं, पुलिस भी मामले की जांच में जुट गई है। दोनों के शवों का पोस्टमॉर्टम कल मंगलवार को फतेहाबाद के सिविल अस्पताल में करवाया जाएगा। बाइक पर भूना से घर जा रहे थे दोनों जानकारी के अनुसार, गांव नाढोड़ी के आजाद सिंह (18) और पवन कुमार (17) सोमवार देर शाम को बाइक पर सवार होकर अपने गांव की ओर आ रहे थे। इसी दौरान नाढोड़ी से रोडवेज बस लेकर ड्राइवर भूना की तरफ जा रहा था। आरोप है कि रोडवेज ड्राइवर ने रोंग साइड से बस चलाते हुए बाइक में टक्कर मार दी। इससे बाइक बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई। दोनों युवक सड़क पर जा गिरे और गंभीर रूप से घायल हो गए। हालांकि उन्हें तत्काल भूना के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में पहुंचाया गया। मगर डॉक्टर ने दोनों को मृत घोषित कर दिया। लेमिनेशन की दुकान पर काम करता था पूर्व सरपंच सुमित कुमार ने बताया कि पवन कुमार और आजाद सिंह भूना में लेमिनेशन की दुकान पर काम करते थे। दोनों ही बेहद साधारण परिवार से हैं। पवन कुमार अपने परिवार में कमाने वाला अकेला ही था। परिवार का इकलौता बेटा था पवन कुमार ग्रामीणों के अनुसार, पवन कुमार के पिता सतवीर उर्फ ननूराम की चार साल पहले मौत हो चुकी है। वह अपने परिवार का इकलौता बेटा था। अब परिवार में मां और बहन बची है। वहीं आजाद सिंह का परिवार भी मजदूरी करता है।
PNB बैंक पर 48 लाख का सोना हड़पने का आरोप:लखनऊ में 4 लॉकर तोड़कर गायब किए जेवर, कोर्ट के आदेश पर FIR
लखनऊ में एक बुजुर्ग ने पंजाब नेशनल बैंक की ठाकुरगंज शाखा के पूर्व ब्रांच मैनेजर पर 4 लॉकर तोड़कर करीब 48 लाख रुपए के सोने के जेवर हड़पने का आरोप लगाया है। पीड़ित का कहना है कि लंबे समय तक बैंक नहीं गए। इस दौरान उनके लॉकर तोड़कर सारे कीमती जेवर गायब कर दिए गए। पुलिस से शिकायत करने पर मुकदमा दर्ज नहीं हुआ। कोर्ट के आदेश पर ठाकुरगंज पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर ली है। गढ़ी पीर खां के रहने वाले सेवानिवृत्त कर्मचारी राम प्यारे श्रीवास्तव ने बताया- उनका पीएनबी ठाकुरगंज शाखा में खाता है। उन्होंने 20 अक्तूबर 1987 से बैंक में चार लॉकर ले रखे थे। जिनमें करीब 48 लाख रुपए के जेवर रखे थे। नौकरी में व्यस्त रहने के चलते वह लंबे समय तक लॉकर की जानकारी नहीं ले सके। लॉकर किसी अन्य व्यक्ति को अलॉट किया पीड़ित ने बताया- 21 जून 2024 को जब वह जेवर निकालने बैंक पहुंचे। ब्रांच मैनेजर ने बताया कि उनके सभी जेवर गायब हैं और लॉकर किसी अन्य व्यक्ति को अलॉट कर दिए गए हैं। यह सुनते ही वह सदमे में आ गए। इसके बाद बैंक को लिखित शिकायत देकर घर लौट गए। 55 हजार देकर मामला दबाने का आरोप राम प्यारे का आरोप है कि ब्रांच मैनेजर ने कोई ठोस कार्रवाई करने के बजाय जबरन उनके दूसरे खाते में लॉकर शुल्क के नाम पर मात्र 55 हजार रुपए ट्रांसफर कर दिए। जानकारी होने पर जब उन्होंने विरोध किया, तो तत्कालीन शाखा प्रबंधक ने धर्म-कर्म करने और अधिकारियों-कर्मचारियों पर कोई कार्रवाई न होने की बात कही। जेल भेजने की धमकी दी पीड़ित का कहना है कि विरोध करने पर उन्हें सरकारी काम में बाधा डालने के आरोप में जेल भेजने की धमकी दी गई। परेशान होकर 7 जुलाई 2025 को ठाकुरगंज थाने में तहरीर दी, लेकिन कार्रवाई नहीं हुई। इसके बाद उन्होंने कोर्ट की शरण ली। पुलिस जांच में जुटी इंस्पेक्टर ओमबीर चौहान ने बताया- कोर्ट के आदेश पर एफआईआर दर्ज कर ली गई है। पीड़ित से बयान और लॉकर से संबंधित दस्तावेज मांगे गए हैं। मामले में संबंधित बैंक मैनेजर से पूछताछ की तैयारी की जा रही है।
'केंद्रीय बजट में बिहार की मांगें नजरअंदाज':राजद प्रवक्ता अरुण यादव बोले- राज्य के साथ अन्याय हुआ
भागलपुर में राष्ट्रीय जनता दल (राजद) के प्रदेश प्रवक्ता अरुण कुमार यादव ने केंद्रीय बजट को लेकर केंद्र सरकार पर निशाना साधा है। उन्होंने कहा कि केंद्रीय वित्तमंत्री निर्मला सीतारमण ने बजट में बिहार की अहम मांगों को पूरी तरह नजरअंदाज कर दिया, जो राज्य के साथ अन्याय है। अरुण यादव ने बताया कि प्री-बजट बैठक में बिहार सरकार के वित्तमंत्री बिजेंद्र यादव ने राज्य के लिए कई महत्वपूर्ण मांगें रखी थीं। इनमें बिहार में उद्योगों की स्थापना के लिए विशेष सहायता, बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों के लिए राहत पैकेज और उत्तर बिहार में कोसी, गंडक और बागमती नदियों से होने वाली तबाही को रोकने के लिए आपदा प्रतिरोधी पैकेज शामिल थे। इसके अलावा, सेस और सरचार्ज में राज्यों की हिस्सेदारी बढ़ाने की भी मांग की गई थी। विकसित भारत का सपना केवल एक राजनीतिक नारा राजद प्रवक्ता ने कहा कि नीति आयोग और आर्थिक सर्वेक्षण के आंकड़े दर्शाते हैं कि बिहार आज भी देश के सबसे पिछड़े राज्यों में से एक है। उन्होंने जोर दिया कि बिहार को विकसित राज्यों की श्रेणी में शामिल किए बिना विकसित भारत का सपना केवल एक राजनीतिक नारा बनकर रह जाएगा। यादव ने सवाल उठाया कि जब राज्य और केंद्र दोनों जगह डबल इंजन की सरकार है, तो फिर बिहार को इसका लाभ क्यों नहीं मिल रहा है। उन्होंने कहा कि यह स्पष्ट रूप से दर्शाता है कि केंद्र सरकार की प्राथमिकता सूची में बिहार कहीं नहीं है। अरुण यादव ने आगे कहा कि राजद शुरू से ही बिहार को विशेष राज्य का दर्जा और विशेष पैकेज देने की मांग करता रहा है। पार्टी नेता तेजस्वी यादव के नेतृत्व में राजद इस मुद्दे को सड़क से लेकर सदन तक मजबूती से उठाता रहेगा, ताकि बिहार के साथ हो रहे भेदभाव के खिलाफ जनआवाज को और तेज किया जा सके।
भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष बनने के बाद नितिन नबीन का पहला पटना दौरा अहम माना जा रहा है। 2 दिवसीय दौरे को लेकर भाजपा ने पूरी तैयारी कर ली है। मंत्री दिलीप जायसवाल ने विधानमंडल दल की बैठक के बाद नितिन नबीन के कार्यक्रमों की जानकारी दी और इसे पार्टी के लिए ऐतिहासिक क्षण बताया। उन्होंने कहा कि नितिन नबीन के नेतृत्व में भाजपा संगठन को नई दिशा और नई ऊर्जा मिलने वाली है। मंत्री दिलीप जायसवाल ने बताया कि नितिन नबीन 9 फरवरी और 10 फरवरी को पटना में रहेंगे। इस दौरान बापू सभागार में एक भव्य कार्यक्रम होगा, जिसमें 10 हजार से अधिक बूथ स्तर के कार्यकर्ता शामिल होंगे। इस कार्यक्रम के जरिए राष्ट्रीय अध्यक्ष सीधे जमीनी कार्यकर्ताओं से संवाद करेंगे और संगठन को मजबूती देने का संदेश देंगे। पार्टी का मानना है कि बूथ स्तर के कार्यकर्ता ही भाजपा की असली ताकत हैं और इस कार्यक्रम के जरिए उन्हें नई जिम्मेदारियों का अहसास कराया जाएगा। राष्ट्रीय अध्यक्ष बनने के बाद पहली बार बिहार विधानसभा जाएंगे दिलीप जायसवाल ने याद दिलाया कि जब नितिन नवीन को राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष बनाया गया था, तब पटना के मिलर हाई स्कूल ग्राउंड में उनका भव्य स्वागत समारोह आयोजित किया गया था। अब राष्ट्रीय अध्यक्ष बनने के बाद यह दौरा संगठन के लिहाज से और भी महत्वपूर्ण हो गया है। दौरे के दौरान नितिन नबीन लोकनायक जयप्रकाश नारायण के आवास पहुंचकर उन्हें श्रद्धा सुमन अर्पित करेंगे, जिसे भाजपा की विचारधारा से जोड़कर देखा जा रहा है। उन्होंने बताया कि 10 तारीख को नितिन नबीन पहली बार राष्ट्रीय अध्यक्ष बनने के बाद बिहार विधानसभा जाएंगे। वहां भाजपा के सभी विधायक उनका स्वागत और अभिनंदन करेंगे। इसे पार्टी के भीतर एकजुटता और नेतृत्व के प्रति विश्वास के प्रतीक के रूप में देखा जा रहा है। विधानसभा के बाद नितिन नबीन बांकीपुर पहुंचेंगे, जहां उनका कार्यकर्ताओं और आम लोगों से मिलने का कार्यक्रम है। दिलीप जायसवाल के अनुसार, बांकीपुर कार्यक्रम के बाद नितिन नवीन दिल्ली के लिए रवाना हो जाएंगे।
राज्यसभा सांसद कार्तिकेय शर्मा ने सोमवार को राज्यसभा सदन में विशेष उल्लेख के माध्यम से क्षेत्रीय संपर्क और यात्रियों की सुविधा से जुड़ी कुछ महत्वपूर्ण रेल सेवाओं के शीघ्र पुनः संचालन की आवश्यकता को रेखांकित किया। सांसद कार्तिकेय शर्मा ने कालका–बाड़मेर एक्सप्रेस का उल्लेख करते हुए कहा कि यह ट्रेन कालका, चंडीगढ़ एवं हिमाचल क्षेत्र को राजस्थान के प्रमुख शहरों से जोड़ने वाली एक महत्वपूर्ण रेल सेवा रही है। यह मार्ग वर्षों से लाखों यात्रियों के लिए आवागमन का एक भरोसेमंद और सुलभ साधन रहा है। छोटे व्यापारियों के लिए उपयोगी उन्होंने कहा कि इस प्रकार की रेल सेवाएं वरिष्ठ नागरिकों, उपचार हेतु यात्रा करने वाले मरीजों, विद्यार्थियों, नौकरी पेशा वर्ग और छोटे व्यापारियों के लिए विशेष रूप से उपयोगी रही हैं। इन ट्रेनों का पुनः संचालन स्वास्थ्य, शिक्षा, रोजगार और आर्थिक गतिविधियों तक सुगम पहुंच सुनिश्चित करने में सहायक होगा। किफायती और सुविधाजनक यात्रा का माध्यम शर्मा ने हिमालयन क्वीन, पश्चिम एक्सप्रेस तथा कालका से अमृतसर तक चलने वाली अमृतसर मेल जैसी अन्य महत्वपूर्ण रेल सेवाओं की उपयोगिता की ओर भी सदन का ध्यान आकर्षित किया। उन्होंने कहा कि ये सेवाएं लंबे समय से सुरक्षित, किफायती और सुविधाजनक यात्रा का माध्यम रही हैं तथा क्षेत्रीय संपर्क को सुदृढ़ करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती रही हैं। सांसद कार्तिकेय शर्मा ने विश्वास व्यक्त किया कि यात्रियों की सुविधा और संपर्क को प्राथमिकता देने की दिशा में रेल मंत्रालय के सतत प्रयासों के अंतर्गत इन सेवाओं के पुनः संचालन पर शीघ्र सकारात्मक विचार किया जाएगा। उन्होंने जनहित और क्षेत्रीय विकास को ध्यान में रखते हुए इन ट्रेनों के पुनः संचालन का अनुरोध किया।
डीडी पुरम स्थित बंद माकन रेस्टोरेंट में आयोजित भारतीय उद्योग व्यापार प्रतिनिधिमंडल की बजट परिचर्चा में शहर के आर्थिक विशेषज्ञों और उद्यमियों का मिला-जुला रुख देखने को मिला। जहां एक ओर व्यापारियों ने एमएसएमई सेक्टर के लिए दोगुने फंड और इनकम टैक्स रिटर्न की डेडलाइन बढ़ने का दिल खोलकर स्वागत किया, वहीं सर्राफा कारोबारियों ने टैक्स ड्यूटी में कटौती न होने पर गहरी निराशा जताई। विशेषज्ञों ने इसे 'ईज ऑफ डूइंग बिजनेस' की दिशा में बड़ा कदम बताया, हालांकि आम व्यापारी अब भी जीएसटी के सरलीकरण और सीधी टैक्स छूट की उम्मीद लगाए बैठा है। कुल मिलाकर, उद्योग जगत ने इसे भविष्यगामी और संतुलित बजट की संज्ञा दी है। टैक्स में छूट की उम्मीद थी, व्यापारी निराशबैठक की अध्यक्षता कर रहे अनिल अग्रवाल ने कहा कि वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण का यह बजट निश्चित तौर पर संतुलित है, लेकिन व्यापारी वर्ग में थोड़ी निराशा भी है। उन्होंने बताया कि हर व्यापारी उम्मीद करता है कि उसे पिछले साल के मुकाबले इस बार अधिक टैक्स छूट मिलेगी, जो नहीं हुआ। हालांकि, एमएसएमई सेक्टर और चिकित्सा के क्षेत्र में 10 हजार करोड़ के बायो-फार्मा निवेश की उन्होंने सराहना की। उनका मानना है कि कैंसर की दवाएं सस्ती होने से आम जनता को बड़ी राहत मिलेगी। इनवर्टेड ड्यूटी स्ट्रक्चर में फंसे व्यापारियों को अब मिलेगा प्रोविजनल रिफंडआयकर विभाग के दृष्टिकोण से बजट की बारीकियां समझाते हुए एडिशनल कमिश्नर श्याम प्रसाद ने इसे 'इज ऑफ डूइंग बिजनेस' का बड़ा कदम बताया। उन्होंने कहा कि पहले एक्सपोर्टर्स को ही तत्काल रिफंड मिलता था, लेकिन अब उन व्यापारियों का पैसा ब्लॉक नहीं होगा जिनका कच्चा माल महंगा है और तैयार माल पर टैक्स कम है। सरकार अब उन्हें भी प्रोविजनल रिफंड देगी, जिससे बाजार में वर्किंग कैपिटल की कमी दूर होगी। अब खेल और मेडिकल को बढ़ावा देने वाला सालसीए हिमांशु गुप्ता ने बजट को बहुत ही सामान्य और विकासोन्मुख करार दिया। उन्होंने व्यापारियों की उस शंका को दूर किया जो बेसिक एग्जेंप्शन लिमिट (छूट की सीमा) न बढ़ने से पैदा हुई थी। उन्होंने याद दिलाया कि पिछले साल ही 12 लाख रुपये तक की बड़ी राहत दी गई थी, इसलिए इस बार उसे यथावत रखना जायज है। उन्होंने खेल और मेडिकल सेक्टर के लिए किए गए नए प्रावधानों को सरकार का दूरदर्शी कदम बताया। ITR की डेडलाइन बढ़ने और कंप्लायंस आसान होने से व्यापारियों का तनाव होगा कमइनकम टैक्स प्रोसीजर पर बात करते हुए सीए ऋषभ अरोड़ा ने बताया कि सरकार ने कागजी कार्रवाई (Compliances) को कम करने की कोशिश की है। उन्होंने सबसे बड़ी राहत 'डेडलाइन' में बदलाव को बताया। अब नॉन-ऑडिट केस वाले व्यापारी 31 जुलाई की जगह 31 अगस्त तक रिटर्न भर सकेंगे। इसके अलावा रिवाइज्ड रिटर्न की तारीख भी 31 दिसंबर से बढ़ाकर 31 मार्च कर दी गई है, जिससे टीडीएस और टीसीएस के नियमों में उलझे व्यापारियों को बड़ी राहत मिलेगी। MSME का बजट दोगुना होना और रक्षा बजट में 15% की वृद्धि ऐतिहासिकमहानगर अध्यक्ष कुमार गौरव ने आंकड़ों के साथ अपनी बात रखी। उन्होंने कहा कि एमएसएमई सेक्टर के लिए बजट को 5 हजार करोड़ से सीधे 10 हजार करोड़ करना छोटे उद्योगों के लिए टर्निंग पॉइंट है। रक्षा बजट में 15% की बढ़ोतरी देश की सुरक्षा और स्वदेशी निर्माण को ताकत देगी। उन्होंने टैक्स स्लैब में बदलाव न होने को 'स्थिरता' (Stability) का प्रतीक बताया। किसान खुशहाल होगा, तभी शहर का व्यापार और व्यापारी तरक्की करेगाजिला महामंत्री बल्ले ठाकुर ने बजट को ग्रामीण अर्थव्यवस्था से जोड़ते हुए कहा कि यह किसानों के लिए बहुत ही बढ़िया बजट है। उन्होंने तर्क दिया कि व्यापारी और किसान एक ही सिक्के के दो पहलू हैं। जब सरकार किसानों की आय बढ़ाने पर फोकस करेगी, तो उसका सीधा असर बाजार की रौनक और व्यापार की बढ़ोतरी पर पड़ेगा। ODOP पर फोकस अच्छा, लेकिन GST नियमों को भी सरल बनाए सरकारमहानगर महामंत्री अनुज गुप्ता ने 'एक जिला एक उत्पाद' (ODOP) और एमएसएमई के लिए किए गए विशेष फंड की व्यवस्था की तारीफ की। हालांकि, उन्होंने एक महत्वपूर्ण सुझाव भी दिया कि जिस तरह आयकर (Income Tax) के नियमों को सरल किया गया है, उसी तर्ज पर जीएसटी (GST) में भी सुधार की जरूरत है। अगर जीएसटी की प्रक्रिया आसान होती है, तो व्यापारियों को सबसे ज्यादा फायदा होगा। सर्राफा बाजार में छाई मायूसी, टैक्स ड्यूटी कम न होने से बढ़ी परेशानीसर्राफा सेक्टर का प्रतिनिधित्व करते हुए जी.आर. अग्रवाल ने निराशा व्यक्त की। उन्होंने कहा कि सोने-चांदी के भावों में भारी उतार-चढ़ाव के बीच व्यापारी पहले ही एमसीएक्स (MCX) के चक्रव्यूह में फंसा है। व्यापारियों को उम्मीद थी कि सरकार गोल्ड पर टैक्स ड्यूटी 3% से घटाकर 2% करेगी, लेकिन बजट में इस पर ध्यान नहीं दिया गया। उन्होंने कहा कि फिलहाल व्यापारियों को धैर्य रखने की जरूरत है क्योंकि भाव दोबारा स्थिर होने में समय लगेगा।
गोरखपुर नगर निगम ने स्वच्छ सर्वेक्षण 2025-26 के 10वें संस्करण को लेकर तैयारियों को अंतिम रूप देने की प्रक्रिया तेज कर दी है। इसी क्रम में नगर निगम ने जोन-वार समीक्षा बैठकों का विस्तृत कार्यक्रम जारी किया है। इन बैठकों का मुख्य उद्देश्य मार्च के प्रथम सप्ताह में प्रस्तावित थर्ड पार्टी फील्ड असेसमेंट से पहले जमीनी स्तर पर हो रहे स्वच्छता कार्यों का सत्यापन करना और सर्वेक्षण के सभी मानकों पर बेहतर प्रदर्शन सुनिश्चित करना है। नगर आयुक्त के निर्देश पर होगी गहन समीक्षा नगर आयुक्त गौरव सिंह सोगरवाल के निर्देशानुसार प्रत्येक जोन में चल रहे स्वच्छता कार्यों की अलग-अलग समीक्षा की जाएगी। बैठकों में साफ-सफाई की स्थिति, कचरा संग्रह और निस्तारण, डोर-टू-डोर कलेक्शन, कचरा पृथक्करण, सार्वजनिक शौचालयों की साफ-सफाई, स्वच्छता से जुड़े रिकॉर्ड और फील्ड पर हो रहे कार्यों की वास्तविक स्थिति पर विशेष फोकस रहेगा। 3 से 7 फरवरी तक नगर निगम सभाकक्ष में बैठकें नगर निगम सभाकक्ष में अपराह्न 4 बजे से 3 फरवरी से 7 फरवरी तक जोन-वार समीक्षा बैठकें आयोजित की जाएंगी। प्रत्येक बैठक की अध्यक्षता संबंधित जोनल अधिकारी करेंगे। अधिकारियों और कर्मचारियों को निर्देश दिया गया है कि वे अपने-अपने क्षेत्रों में किए गए कार्यों की अद्यतन जानकारी और आवश्यक दस्तावेजों के साथ बैठक में उपस्थित रहें। नगर निगम द्वारा जारी कार्यक्रम के अनुसार मंगलवार को जोन 05 की समीक्षा बैठक होगी। इसके बाद बुधवार को जोन 04, गुरुवार को जोन 03, शुक्रवार को जोन 02 और शनिवार को जोन 01 की बैठक आयोजित की जाएगी। सभी जोनों में एक समान मानकों पर समीक्षा की जाएगी, ताकि किसी भी स्तर पर कमी न रह जाए। कमियों पर तत्काल सुधार की कार्ययोजना बैठकों के दौरान सामने आने वाली कमियों, लंबित कार्यों और सुधार योग्य बिंदुओं पर तत्काल कार्ययोजना तैयार करने के निर्देश दिए गए हैं। नगर निगम प्रशासन का लक्ष्य है कि थर्ड पार्टी फील्ड असेसमेंट से पहले सभी आवश्यक सुधार पूरे कर लिए जाएं, जिससे गोरखपुर को स्वच्छ सर्वेक्षण में बेहतर अंक और अच्छी रैंक प्राप्त हो सके।
सिरसा जिले के भारत नगर में एक सड़क हादसे में डेढ़ वर्षीय बच्चे की मौके पर ही मौत हो गई। घटना कंगनपुर रोड पर स्थित भारत नगर में हुई, जब बच्चा अपने ननिहाल के घर के बाहर गली में खेल रहा था। पुलिस के अनुसार, पड़ोस के एक युवक ने अपनी गाड़ी स्टार्ट की और उसे तेजी से चलाने का प्रयास किया। गाड़ी की रफ्तार बढ़ने के बाद वह सीधे बच्चे के ऊपर चढ़ गई। टक्कर इतनी भीषण थी कि बच्चे ने घटनास्थल पर ही दम तोड़ दिया, पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। रिश्तेदारी में शोक जताने आई थी महिला मामले के बारे में पीड़ित परिवार से बातचीत की गई, तो बच्चे की नानी ने बताया कि मेरे चार बच्चे तीन लड़कियां हैं और एक लड़का है। हादसा उस समय हुआ, जिस समय मैं अपने घर में घर का कामकाज कर रही थी और मेरी छोटी बेटी संध्या जो कि पंजाब के जिला गुरदासपुर में शादीशुदा हैं। उसके पति का नाम विकास धारीवाल है और मेरी बेटी संध्या अपने मायके में सिरसा किसी रिश्तेदारी में शोक जताने के लिए आई हुई थी। पड़ोसी तेज रफ्तार से गाड़ी चलाता आया उस समय मेरा डेढ़ वर्षीय दोहता अरोन मसीही घर में खेलता खेलता गली में चला गया, तो उस समय अचानक से हमारे पड़ोस में ही रहने वाले एक विवेक शर्मा नामक युवक ने अपनी हर दिन की तरह आज भी उसने अपनी गाड़ी स्टार्ट की और विवेक शर्मा ने गाड़ी को तेज गति से और लापरवाही के साथ गली में दौड़ाना शुरू कर दिया। बिना कुछ इधर-उधर देखें, उसने मेरे दोहते अरोन को सीधी गाड़ी से टक्कर मारी। लोगों ने कार ड्राइवर को हादसे के बारे बताया अरोन के ऊपर से गाड़ी चढ़ाकर उसी रफ्तार से ही गाड़ी चलाता हुआ। बड़ी सड़क की तरफ चला गया और युवक को इतना तक नहीं पता चला कि गाड़ी के नीचे 1/2 साल का मासूम आ चुका है। गली के नुक्कड़ पर खड़े लोगों ने उस युवक को बताया कि पीछे गाड़ी से किसी बच्चे को टक्कर मारकर आया है। गाड़ी ड्राइवर ने इतनी जबरदस्त टक्कर मारी कि मासूम की मौके पर ही मौत हो गई। शोर मचाने पर सभी घर से बाहर निकले वहीं शोर सुनकर हम लोग भी घर से बाहर निकले और बच्चे को उठाकर देखा, तो बच्चे की मौत हो चुकी थी। हम अपनी तसल्ली के लिए बच्चे को उठाकर अस्पताल लेकर गए, परंतु वहां पर डॉक्टरों ने उसका चेकअप करने के बाद बच्चे को मृत घोषित कर दिया। परिजनों ने मांग की है कि हमें न्याय दिलवाया जाए। मामले के बारे में परिजनों के बयानों के आधार पर सदर थाना में एफआईआर दर्ज कर ली गई है।
जालौन में किशोरी से छेड़खानी के एक मामले में विशेष पॉक्सो अदालत ने आरोपी को पांच साल के कठोर कारावास की सजा सुनाई है। न्यायालय ने दोषी पर दस हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया है। अर्थदंड अदा न करने पर उसे अतिरिक्त सजा भुगतनी होगी। यह मामला उरई कोतवाली क्षेत्र के एक गांव का है। पीड़िता के पिता ने 15 मई 2019 को पुलिस को तहरीर दी थी। उन्होंने बताया था कि गांव का ही रहने वाला देवेंद्र कुमार उनकी छह वर्षीय बेटी को बहला-फुसलाकर अपने घर ले गया और उसके साथ छेड़खानी की। घटना की जानकारी मिलते ही परिजनों ने तत्काल पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए तुरंत रिपोर्ट दर्ज की और आरोपी देवेंद्र कुमार को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया। विवेचना पूरी होने के बाद पुलिस ने 27 जुलाई 2019 को आरोपी के खिलाफ पॉक्सो एक्ट के तहत न्यायालय में आरोप पत्र दाखिल किया। मामले की सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष की ओर से वादी सहित अन्य महत्वपूर्ण गवाहों के बयान दर्ज कराए गए। अभियोजन ने साक्ष्यों और गवाहों के माध्यम से आरोपों को प्रमाणित किया, जबकि बचाव पक्ष ने अपने तर्क प्रस्तुत किए। दोनों पक्षों की दलीलें सुनने और उपलब्ध साक्ष्यों का अवलोकन करने के बाद न्यायालय ने निर्णय सुरक्षित रखा था। सुनवाई पूरी होने के उपरांत विशेष न्यायाधीश (पॉक्सो एक्ट) मोहम्मद कमर ने गवाहों के बयानों और प्रस्तुत साक्ष्यों को विश्वसनीय मानते हुए आरोपी देवेंद्र कुमार को दोषी करार दिया। न्यायालय ने अपने आदेश में कहा कि नाबालिगों के विरुद्ध ऐसे अपराध समाज के लिए अत्यंत गंभीर हैं और ऐसे मामलों में कठोर दंड आवश्यक है। इसी आधार पर आरोपी को पांच वर्ष के कठोर कारावास तथा दस हजार रुपए के अर्थदंड से दंडित किया गया। इस मामले में अभियोजन पक्ष की तरफ से शासकीय अधिवक्ता रणकेंद्र सिंह भदौरिया और विश्वजीत गुर्जर ने पैरवी की।
ओंकारेश्वर सरस्वती विद्या निकेतन इंटर कॉलेज, सतबरी रोड और जवाहर नगर शाखा का वार्षिक खेलकूद समारोह आयोजित किया गया। कानपुर लोकसभा सांसद रमेश अवस्थी ने मुख्य अतिथि के रूप में कार्यक्रम का शुभारंभ किया। उन्होंने मां सरस्वती की प्रतिमा के समक्ष दीप प्रज्वलित किया। इस अवसर पर उद्योगपति बालकृष्ण लाहोटी और विद्यालय की महानिदेशक डॉ. नीरजा अग्निहोत्री भी उपस्थित थीं। सांसद रमेश अवस्थी ने खेल प्रतियोगिताओं का उद्घाटन करते हुए छात्र-छात्राओं का उत्साहवर्धन किया। उद्घाटन सत्र के बाद, विद्यार्थियों ने योग और विभिन्न शारीरिक गतिविधियों की सामूहिक प्रस्तुतियां दीं। इस खेल महोत्सव में गणित दौड़, लंबी कूद, ऊंची कूद, कुर्सी दौड़ और मेंढक दौड़ जैसी कई प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया। सतबरी रोड और जवाहर नगर दोनों शाखाओं के छात्रों ने अपनी खेल प्रतिभा का प्रदर्शन किया। सतबरी रोड शाखा की 100 मीटर दौड़ में कक्षा 6 की अंशिका आनंद व उन्नति शुक्ला, कक्षा 7 की आकृति दुबे, कक्षा 8 की आशी मिश्रा और कक्षा 11 की आरुषि गुप्ता ने प्रथम स्थान प्राप्त किया। कुर्सी दौड़ में कक्षा 6 की गौरी पाण्डेय, कक्षा 7 की अनन्या पाण्डेय और कक्षा 8 की त्रिशा चौहान विजेता रहीं। जवाहर नगर शाखा के छोटे बच्चों ने मेंढक दौड़ में उत्साहपूर्वक भाग लिया। इसमें प्ले ग्रुप से साइसा जैन व अयांश वर्मा और नर्सरी से अनाया चौरसिया व श्रेष्ठ वाजपेई ने पहला स्थान हासिल किया। 100 मीटर दौड़ में वैष्णवी दुबे, आयुष पांडेय, शिखा प्रजापति, आलोक कुमार, अर्पिता सिंह, अरिहंत द्विवेदी, जाह्नवी बाजपेई और रामेंद्र सिंह ने जीत दर्ज की। 'गणित दौड़' में सिद्धि, स्वास्तिक गुप्ता, कनिष्ठा तिवारी और आयुष्मान सिंह ने अपनी बौद्धिक और शारीरिक दक्षता का प्रदर्शन किया। कुर्सी दौड़ में वेदिका सिंह, अंजलि भारद्वाज, साक्षी सिंह और एंजेल भारद्वाज अव्वल रहीं।
गाजियाबाद के भोजपुर क्षेत्र में फर्जी पासपोर्ट बनाने को लेकर दिल्ली से इंटेलीजेंस की टीम गाजियाबाद पहुंची। जहां पुलिस से गोपनीय तरह से जानकारी ली। वहीं जिस फर्जी पते पर सभी 22 पासपोर्ट बनाए गए हैं वहां भी पहुंचकर जानकारी ली। इस मामले में दिल्ली तक हड़कंप मचा हुआ है। जिसमें सत्यापन की रिपोर्ट तैयार करने वाले पुलिसकर्मियों की भी जांच शुरू कर दी गई है। जिन 5 लोगों को अरेस्ट किया गया है उनमें मां बेटा अफगानिस्तान के निकले, जो 1990 से भारत में रह रहे थे। 25 लोगों के खिलाफ FIR दर्ज की गई अमनप्रीत कौर, जसनप्रीत कौर, रितु शर्मा, मेघना राणा, राजकुमारी, दलजीत सिंह, महिंद्र कौर, यशोदा राय,बसंती राय, जीत कौर, शमशेर सिंह, इंद्र सिंह, बलविंद्र सिंह, मनजीत सिंह, रजमीत सिंह, तरनजीत कौर, सिमरनजीत कौर, जगलीन कौर, गुरनुर कौर, जसकरण सिंह, जपमेहर कौर, पोस्टमैन अरुण कुमार, विवेक गांधी, प्रकाश शुक्ला के खिलाफ बीएनएस की धारा 61(2), 318 (4), 338, 336 (3), 340 (2) और आईटी एक्ट 66 में केस दर्ज किया गया है। सभी फर्जी कागजातों का इस्तेमाल हुआ एक पुलिस अधिकारी ने बताया कि पासपोर्ट आवेदन पासपोर्ट सत्यापन के लिए ऑनलाइन पासपोर्ट टैब र आते हैं। जिसकी जांच कर टैब पर ही लाइन लाइन रिपोर्ट प्रेषित की जाती है। अभी तक जांच में सामने आया कि सभी फर्जी पासपोर्ट में पता फर्जी दर्शाया गया है। आधार कार्ड भी कूटरचित तरह से तैयार करके प्रयोग किए गए। बैंक की पासबुक और अन्य कागजात फर्जी तरह से तैयार कराकर पासपोर्ट बनवाए। अब जांच एजेंसी इसमें काम करना शुरू कर दिया है। जिसमें पुलिस के कांस्टेबल से लेकर चौकी इंचार्ज, दरोगा भी चपेट में आ सकते हैं। थाना स्तर पर सत्यापन में आखिर गलत पते पर सत्याापन कैसे हुआ। इसमें खुद पुलिस के गले की फांस बना हुआ है। यह सभी 1 दिसंबर 2025 को कुल 24 पासपोर्ट का एक ही पता दर्शाया गया है, मोबाइल नंबर के आधार पर फर्जी दस्तावेजों के आधार पर तैयार हुए। 20 दिसंबर को गाजियाबाद पुलिस ने इनकी जांच शुरू की। जांच में पाया गया कि पासपोर्ट आवेदन करने वाले जो पता गांव भोजपुर का दर्शाया गया है, यह पता ही नहीं मिला। जो पता 22 पासपोर्ट में दर्शाया गया है, पुलिस की जांच में उस पते पर निवास नहीं पाया गया। मां बेटा मूलत: अफगानिस्तान के निकले विवेक गांधी निवासी कुतुब बिहार दिल्ली, प्रकाश सुब्बा निवासी छतरपुर दिल्ली यह फर्जी पासपोर्ट बनवाने वाले हैं, जिन्होंने सभी से पैसे लेकर पासपोर्ट बनवाए। पोस्टमैन अरुण कुमार निवासी ढिंडाला थाना परतापुर मेरठ को जेल भेजा गया। वहीं अमनदीप निवासी हरिनगर दिल्ली व इनकी मां सतवंत कौर निवासी शिवनगर एक्सटेंशन तिलकनगर, दिल्ली को अरेस्ट किया है। यह मूलत: अफगानिस्तान के हैं, जो पिछले 35 साल से इंडिया में रह हैं।
स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप (एसओजी) ने एसआई भर्ती परीक्षा-2021 मामले में वांटेड बदमाश को अरेस्ट किया है। एसओजी की ओर से लंबे समय से फरार वांटेड बदमाश पर 50 हजार रुपए का इनाम था। डमी कैंडिडेट के रूप में बैठकर उसने तीन अभ्यार्थियों की जगह एग्जाम देकर चयनित करवाया था। एडीजी (एसओजी) विशाल बंसल ने बताया- एसओजी ने वांटेड बदमाश अशोक कुमार (31) पुत्र जगमालराम निवासी मटोल पाट फलोदी को सोमवार दोपहर अरेस्ट किया है। एसआई भर्ती परीक्षा-2021 पेपरलीक मामले में वह काफी समय से फरार था। एसओजी की ओर से वांटेड बदमाश अशोक कुमार पर 50 हजार रुपए का इनाम रखा गया था। आरोपी ने तीन दिन तक तीन अभ्यर्थियों की दी परीक्षावर्ष 2024 से फरार आरोपी अशोक कुमार को फलोदी पुलिस की मदद से अरेस्ट किया गया। एसआई भर्ती परीक्षा-2021 के दौरान एग्जाम के तीन दिन आरोपी डमी कैंडिडेट बना। 13 सितंबर, 14 सितंबर और 15 सितंबर 2021 को आयोजित परीक्षा में श्याम प्रताप सिंह, श्रवण कुमार गोदारा व मदन लाल अभ्यर्थी के स्थान पर डमी परीक्षार्थी के रूप में बैठकर लिखित परीक्षा दी। इससे ये संबंधित अभ्यर्थी अवैध रूप से चयनित हुए थे। एसओजी की ओर से मामले में अब तक 63 ट्रेनी एसआई, 6 चयनित एसआई सहित कुल 139 आरोपियों को अरेस्ट किया जा चुका है।
संभल के चंदौसी कोतवाली क्षेत्र स्थित एक आश्रम में राष्ट्रीय गौ संरक्षण समिति के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष ब्रह्मचारी संत आनंद महाराज ने मस्जिदों से लाउडस्पीकर पर होने वाली अजान पर प्रतिबंध लगाने की मांग की है। उन्होंने अजान के कुछ हिस्सों को 'विवादित' बताया। ब्रह्मचारी महाराज तीन दिन के प्रवास पर चंदौसी पहुंचे हैं। ब्रह्मचारी संत आनंद महाराज ने बताया कि कुछ समय पहले उनका अयोध्या में प्रवास था। सरयू नदी के तट पर संध्या उपासना करते समय उन्हें लाउडस्पीकर पर अजान की तेज आवाजें सुनाई दी थीं। इसी अनुभव के आधार पर उन्होंने उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और देश के प्रधानमंत्री से अपील की है। उनकी मांग है कि अयोध्या, मथुरा और काशी जैसी धार्मिक नगरियों में लाउडस्पीकर पर अजान लगाना उचित नहीं है। उन्होंने विशेष रूप से संभल में होने वाली अजान का उल्लेख किया, जिसमें कथित तौर पर कहा जाता है कि 'अल्लाह के अलावा दूसरा कोई पूजने योग्य नहीं है, बाकी सब काफिर हैं, अल्लाह ही पूजने योग्य है।' संत आनंद महाराज ने इस तरह की अजान को 'इबादत नहीं, बल्कि विवादित' करार दिया। उन्होंने इसे तत्काल प्रभाव से प्रतिबंधित करने की मांग की। उन्होंने सरकार से यह भी आग्रह किया कि धार्मिक नगरियों के अतिरिक्त अन्य स्थानों पर भी मस्जिदों से लाउडस्पीकर पर अजान लगाने पर पूर्ण प्रतिबंध लगाया जाए। साथ ही, ऐसा करने वालों के लिए कड़े दंड का प्रावधान करने की भी मांग की गई। उन्होंने संभल को हिंदुओं का एक विशेष तीर्थ स्थल बताया।
राजधानी रायपुर में फरार और लंबे समय से वारंट पर चल रहे आरोपियों के खिलाफ पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। सेंट्रल जोन में एक ही रात चले विशेष अभियान के दौरान कुल 181 वारंटियों को पकड़ा गया। इनमें 6 साल से फरार एक आरोपी भी शामिल है, जिसकी पुलिस को लंबे समय से तलाश थी। अतिरिक्त पुलिस कमिश्नर अमित तुकाराम कांबले के आदेश पर, पुलिस उपायुक्त (सेंट्रल जोन) उमेश प्रसाद गुप्ता के नेतृत्व में यह अभियान चलाया गया। इस अभियान को सेंट्रल जोन के 7 थानों में एक साथ प्रभावी तरीके से अंजाम दिया गया। पुलिस टीमों ने वारंटियों के ठिकानों पर दबिश दी और रात भर लगातार कार्रवाई जारी रखी। इन थानाक्षेत्रों में पुलिस का एक्शन पुलिस के अनुसार, पिछले एक सप्ताह में यह विशेष अभियान थाना देवेन्द्र नगर, तेलीबांधा, सिविल लाइन, कोतवाली, गोलबाजार, मौदहापारा और गंज इलाके में चलाया गया। इस दौरान देवेन्द्र नगर से 30, तेलीबांधा से 37, सिविल लाइन से 34, कोतवाली से 32, गोलबाजार से 10, मौदहापारा से 14 और गंज से 24 वारंटियों को गिरफ्तार किया गया। कुल मिलाकर 181 वारंटियों की गिरफ्तारी सुनिश्चित की गई। लंबे समय से चल रहे थे फरार पुलिस अधिकारियों ने बताया कि पकड़े गए वारंटियों में कई ऐसे आरोपी भी हैं, जो सालों से कोर्ट में पेश नहीं हो रहे थे और कानून से बचते फिर रहे थे। सभी आरोपियों को कोर्ट के आदेश के अनुसार आगे की कानूनी प्रक्रिया के लिए पेश किया जा रहा है।
भिंड शहर में बायपास मार्ग पर सोमवार शाम जिला प्रशासन और नगर पालिका की संयुक्त टीम ने अतिक्रमण हटाओ अभियान चलाया। इस दौरान सड़क किनारे किए गए अस्थायी अतिक्रमणों पर बुलडोजर चलाया गया। कार्रवाई का मुख्य उद्देश्य बायपास हाईवे पर यातायात व्यवस्था को सुचारु बनाना और अवैध गतिविधियों पर रोक लगाना रहा। अभियान के दौरान एमजेएस कॉलेज के पास प्रशासन को एक चौंकाने वाली स्थिति का सामना करना पड़ा। यहां ग्रीन पर्दा लगाकर टेबल-कुर्सी सजा दी गई थीं और चारपाई व शराब पीने का अड्डा बना रखा गया था। इसे अस्थायी होटल का रूप दिया गया था। प्रशासनिक टीम ने तत्काल इस अवैध ढांचे को हटाने की कार्रवाई की और मौके से सामान जब्त कर लिया। कार्रवाई के दौरान बादशाह गुर्जर नामक एक युवक मौके पर पहुंचा और अतिक्रमण हटाने का विरोध करते हुए अधिकारियों से बहस करने लगा। इस पर मौके पर मौजूद SDM अखिलेश शर्मा ने युवक को कड़ी फटकार लगाई और पुलिस कार्रवाई के निर्देश दिए। प्रशासन की सख्ती के बाद युवक ने माफी मांगी और मौके से चला गया। प्रशासन की कार्रवाई में करीब आधा दर्जन अस्थायी टपरे, शेड और ढांचे हटाए गए। अधिकारियों ने बताया कि बायपास हाईवे के दोनों ओर लगातार बढ़ रहे अतिक्रमण से यातायात बाधित हो रहा था और दुर्घटनाओं की आशंका बनी रहती थी। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि बायपास सहित शहर के अन्य हिस्सों में भी अतिक्रमण के खिलाफ अभियान आगे भी जारी रहेगा और अवैध गतिविधियों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।
ग्रेटर नोएडा में थार ने खड़ी कार को मारी टक्कर:घटना CCTV में कैद, पुलिस आरोपी की तलाश में जुटी
ग्रेटर नोएडा में एक थार चालक ने घर के बाहर खड़ी कार को टक्कर मार दी। यह घटना सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गई है। पुलिस अब थार चालक की तलाश कर रही है। घटना सोमवार दोपहर को बीटा टू थाना क्षेत्र के अल्फा 1 सेक्टर में हुई। एक काले रंग की थार गाड़ी ने घर के बाहर खड़ी हुंडई आई10 कार को टक्कर मारी। टक्कर के समय कार के पास एक बुलेट भी खड़ी थी। टक्कर से कार और स्कूटी दोनों क्षतिग्रस्त हो गए। थार चालक टक्कर मारने के बाद मौके से फरार हो गया। सामने के एक घर में लगे सीसीटीवी कैमरे में पूरी घटना रिकॉर्ड हो गई। फुटेज में साफ दिख रहा है कि थार चालक कितनी तेज़ी से कार को टक्कर मारता है और फिर घटनास्थल से भाग निकलता है। सीसीटीवी फुटेज का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद बीटा 2 पुलिस ने मामले का संज्ञान लिया। पुलिस ने जांच शुरू कर दी है और थार चालक की तलाश जारी है।
छत्रपति शाहू जी महाराज विश्वविद्यालय (सीएसजेएमयू) के स्कूल ऑफ लाइफ साइंसेज एंड बायोटेक्नोलॉजी ने 2 फरवरी 2026, सोमवार को एक शैक्षिक भ्रमण का आयोजन किया। इस भ्रमण का मुख्य उद्देश्य छात्रों को वैज्ञानिक अनुसंधान और आधुनिक तकनीकों से परिचित कराना था। यह शैक्षणिक यात्रा विश्वविद्यालय की 'सोशल साइंटिफिक रिस्पॉन्सिबिलिटी' (SSR) के प्रति प्रतिबद्धता का हिस्सा थी। डॉ. अखिलेंद्र प्रताप भारती के निर्देशन में चल रही DST-SERB परियोजना के तहत आयोजित इस कार्यक्रम में चंद्रशेखर आज़ाद कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय (CSA) के प्लांट बायोकेमिस्ट्री एवं प्लांट फिज़ियोलॉजी विभाग की शिक्षिकाओं डॉ. सुनीता कुमारी और डॉ. शक्ति सिंह के साथ कुल 40 छात्र-छात्राओं ने भाग लिया। भ्रमण के दौरान छात्रों ने विभिन्न उच्च-स्तरीय प्रयोगशालाओं का अवलोकन किया। विभाग की निदेशक डॉ. अनुराधा कालानी और सह-निदेशक डॉ. राजीव मिश्रा के मार्गदर्शन में छात्रों को विज्ञान की प्रायोगिक दुनिया से रूबरू कराया गया। छात्रों ने स्कूल ऑफ लाइफ साइंसेज की 'यीस्ट जेनेटिक रिसर्च लैब', 'सेंट्रल इंस्ट्रूमेंटेशन फैसिलिटी', 'प्लांट टिश्यू कल्चर लैब' और 'फिश लैब' में शोध गतिविधियों को देखा। यहाँ उन्हें न केवल शोध के विषयों की जानकारी दी गई, बल्कि विज्ञान की जटिल अवधारणाओं को भी सरल ढंग से समझाया गया। इस भ्रमण में अत्याधुनिक उपकरण विशेष आकर्षण का केंद्र रहे। विशेषज्ञों ने छात्रों को RT-PCR, HPLC, GC-MS और उच्च क्षमता वाले माइक्रोस्कोप जैसे उन्नत उपकरणों की कार्यप्रणाली और उनकी भविष्य की संभावनाओं के बारे में विस्तार से बताया। छात्रों ने यह सीखा कि कैसे ये मशीनें बीमारियों की पहचान, पौधों के विश्लेषण और रासायनिक संरचनाओं को समझने में मदद करती हैं। इस दौरान CSA के विभागाध्यक्ष प्रो. राजीव कुमार और डॉ. आलोक पांडेय की गरिमामयी उपस्थिति ने छात्रों का मनोबल बढ़ाया।विभाग के वरिष्ठ शोधकर्ता डॉ. चंद्रेश शर्मा, डॉ. श्रीहर्ष और डॉ. रंजना गौतम ने शोध के व्यावहारिक पहलुओं पर चर्चा की, जबकि पीएचडी शोधार्थी दीपक, भूपेंद्र और अदिति ने अपने अनुभव साझा कर छात्रों को प्रेरित किया।कार्यक्रम के समापन सत्र में विभाग की वरिष्ठ प्राध्यापिका प्रोफेसर वर्षा गुप्ता ने सभी आगंतुक छात्र-छात्राओं को संबोधित किया। उन्होंने अपने भाषण में इस बात पर जोर दिया कि आज के छात्र ही कल के वैज्ञानिक हैं और ऐसे भ्रमण उनके सोचने के दायरे को विस्तृत करते हैं।उन्होंने छात्रों को निरंतर सीखने और नवाचार करने के लिए प्रोत्साहित करते हुए उनके उज्ज्वल और सफल भविष्य की कामना की। अंततः, यह शैक्षिक भ्रमण ज्ञान, अनुभव और नई ऊर्जा के संचार के साथ संपन्न हुआ, जिसने छात्रों के मन में विज्ञान के प्रति एक नई अलख जगा दी है।
बिजली ट्रांसफार्मर चोरी गिरोह के छह सदस्य गिरफ्तार:आठ घटनाओं का खुलासा, आरोपियों पर 116 मुकदमे दर्ज
मुजफ्फरनगर में शाहपुर पुलिस ने बिजली ट्रांसफार्मरों से चोरी करने वाले एक गिरोह का भंडाफोड़ किया है। पुलिस ने मुठभेड़ के बाद गिरोह के छह सदस्यों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों ने छपार, पुरकाजी, मंसूरपुर और बुढ़ाना थाना क्षेत्रों में चोरी की आठ घटनाओं को स्वीकार किया है। पुलिस ने उनके पास से 220 किलोग्राम एल्यूमीनियम तार और कॉइल बरामद की है, जिसकी कीमत लाखों रुपये बताई जा रही है। एसएसपी संजय वर्मा ने इस संबंध में जानकारी देते हुए बताया कि गिरफ्तार किए गए आरोपियों में वहलना निवासी जोगेंद्र उर्फ टीना, मदारपुरा निवासी मनोज उर्फ मोनू, प्रेमनगर निवासी अहसान, सरधना निवासी अरविंद, सौरभ और शौकीन शामिल हैं। पुलिस ने इन आरोपियों को चोरी का माल ठिकाने लगाने की फिराक में रहते हुए गिरफ्तार किया। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से दो तमंचे और लगभग ढाई लाख रुपये का चोरी का माल बरामद किया है। जोगेंद्र को गिरोह का सरगना बताया जा रहा है, जिसके खिलाफ 34 आपराधिक मामले दर्ज हैं। मनोज पर 35 और अरविंद पर 18 मुकदमे दर्ज हैं। कुल मिलाकर, आरोपियों पर 116 मुकदमे दर्ज हैं। एसएसपी ने बताया कि पूछताछ के दौरान आरोपियों ने पुरकाजी, बुढ़ाना, छपार और मंसूरपुर थाना क्षेत्रों में हुई चोरी की आठ घटनाओं में अपनी संलिप्तता स्वीकार की है। उन्होंने यह भी बताया कि लोनी निवासी अहसान चोरी का माल खरीदता था। पुलिस को आरोपियों से कई अन्य महत्वपूर्ण जानकारियां भी मिली हैं, जिन पर आगे की कार्रवाई की जा रही है। इस दौरान एसपी देहात आदित्य बंसल, एसपी यातायात अतुल चौबे, सीओ बुढ़ाना गजेंद्र सिंह और शाहपुर थानाध्यक्ष गजेंद्र सिंह भी मौजूद रहे।
यूजीसी के नियमों में संशोधन, देश व प्रदेश स्तर पर सवर्ण आयोग के गठन की मांग तथा भविष्य की रणनीति को लेकर किदवई नगर स्थित पंचवटी हॉल में सवर्ण स्वाभिमान समिति के बैनर तले संवाद एवं पंचायत का आयोजन किया गया। इस अवसर पर राष्ट्रीय स्तर पर सवर्ण समाज के संगठन के गठन पर सहमति बनी। तीन संशोधन की मांग…कार्यक्रम में यह निर्णय लिया गया कि यूजीसी के नए नियमों में तीन प्रमुख संशोधन किए जाने चाहिए, जिनसे संबंधित ज्ञापन केन्द्रीय मानव संसाधन विकास मंत्री को भेजा जाएगा। संवाद एवं पंचायत में दिल्ली, लखनऊ सहित अन्य महानगरों से सवर्ण समाज से जुड़े विभिन्न संगठनों के पदाधिकारी एवं प्रतिनिधि उपस्थित रहे। सर्वसम्मति से कानपुर निवासी ज्ञानेश मिश्र को राष्ट्रीय अध्यक्ष, दिल्ली से संतोष अवस्थी को राष्ट्रीय वरिष्ठ महामंत्री, लखनऊ से कुलदीप तिवारी एवं कानपुर से संजय सिंह भदौरिया को राष्ट्रीय महामंत्री मनोनीत किया गया। वहीं बुन्देलखण्ड से बनवारी लाल गुप्ता को राष्ट्रीय वरिष्ठ उपाध्यक्ष, बरेली से अनिल अग्रवाल को राष्ट्रीय उपाध्यक्ष तथा कानपुर से मनीष गुप्ता सलोने को राष्ट्रीय कोषाध्यक्ष नियुक्त किया गया। नवमनोनीत राष्ट्रीय अध्यक्ष ज्ञानेश मिश्र ने कहा कि यूजीसी के नियमों में सामान्य वर्ग के साथ भेदभाव किया गया है, जिसे किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं किया जाएगा। उन्होंने सवर्ण समाज से एकजुट होकर लोकतांत्रिक तरीके से संघर्ष करने का आह्वान किया। कार्यक्रम के दौरान प्रदेश एवं जिला कमेटियों के गठन की भी घोषणा की गई।
पत्नी की हत्या, पति को आजीवन कारावास:बिजनौर कोर्ट ने 50 हजार जुर्माना भी लगाया
बिजनौर में अपर जिला सत्र न्यायाधीश प्रकाश चंद शुक्ला ने पत्नी की हत्या के दोषी पति नेकपाल को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। न्यायालय ने आरोपी पर 50 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है। यह फैसला सोमवार को सुनाया गया। मामला नूरपुर थाना क्षेत्र का है। पीड़ित परमील कुमार, पुत्र गाटे, निवासी ग्राम कोटनाथ, थाना मोहम्मदी, जनपद खीरी ने नूरपुर थाने में तहरीर दी थी। उन्होंने बताया था कि नेकपाल, पुत्र रमजू, निवासी ग्राम कोटनाथ, थाना मोहम्मदी, जनपद खीरी (वर्तमान में मोहल्ला हजरतनगर, कस्बा व थाना नूरपुर निवासी) ने उनकी बहन फतूमा देवी की गला दबाकर हत्या कर दी थी। पुलिस ने परमील की तहरीर के आधार पर नेकपाल के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज किया था। जिला शासकीय अधिवक्ता मुकेश चौहान ने बताया कि मृतका की पोस्टमार्टम रिपोर्ट में गला दबाकर हत्या की पुष्टि हुई थी। पुलिस ने हत्या के आरोपी पति नेकपाल को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। पुलिस ने विवेचना पूरी करने के बाद न्यायालय में आरोपी के खिलाफ आरोप पत्र दाखिल किया था। पुलिस और मॉनिटरिंग सेल द्वारा न्यायालय में मुकदमे की प्रभावी पैरवी की गई। सोमवार को अपर जिला सत्र न्यायाधीश प्रकाश चंद शुक्ला ने सभी साक्ष्यों और दलीलों पर विचार करते हुए नेकपाल को आजीवन कारावास की सजा सुनाई और उस पर 50 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया।
फर्रुखाबाद जनपद के अमृतपुर थाना क्षेत्र में सोमवार देर शाम एक तेज रफ्तार पिकअप और बाइक की आमने-सामने टक्कर हो गई। इस हादसे में बाइक सवार दो युवक गंभीर रूप से घायल हो गए। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और घायलों को अस्पताल पहुंचाया। यह घटना स्टेट हाईवे पर बांसी अड्डा के पास हुई। जानवरों को लेकर जा रही पिकअप ने सामने से आ रही बाइक को टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि बाइक सवार दोनों युवक उछलकर दूर जा गिरे और उन्हें गंभीर चोटें आईं। घायलों की पहचान कमालगंज थाना क्षेत्र के बलीपुर निवासी अमित और उसके पड़ोसी अनुराग के रूप में हुई है। अमित ने मार्च 2025 में शाहजहांपुर के मिर्जापुर से किस्तों पर बाइक ली थी। वे सोमवार को इसी बाइक की किस्त जमा करने मिर्जापुर गए थे और देर शाम अपने गांव बलीपुर लौट रहे थे। हादसे की सूचना पर अमृतपुर थाना पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची। घटनास्थल पर राहगीरों की भीड़ जमा हो गई थी। घायलों को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले जाने के लिए 108 एंबुलेंस को कॉल किया गया, लेकिन काफी देर तक एंबुलेंस नहीं पहुंची। इसके बाद पुलिस ने अपनी गाड़ी से दोनों घायलों को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में प्राथमिक उपचार के बाद, दोनों की गंभीर हालत को देखते हुए उन्हें लोहिया अस्पताल रेफर कर दिया गया। लोहिया अस्पताल की इमरजेंसी में उनका इलाज चल रहा है, जहां उनकी हालत गंभीर बनी हुई है। घायलों के परिजनों ने अस्पताल में बताया कि वे बाइक की किस्त जमा करने मिर्जापुर गए थे। थाना पुलिस ने दुर्घटना में शामिल पिकअप वाहन को कब्जे में लेकर थाने ले गई है।
बांदा पुलिस ने दो वाहनों को जब्त कर लगाया जुर्माना:स्टंटबाजी करना पड़ा भारी, दो वाहन सीज
बांदा में खतरनाक स्टंट करना युवकों को भारी पड़ गया। बांदा पुलिस ने सख्त कार्रवाई करते हुए ऐसे 2 चारपहिया वाहनों को जब्त कर उनके मालिकों पर हजारों रुपये का जुर्माना लगाया है। पुलिस अधीक्षक पलाश बंसल के निर्देश पर यातायात नियमों के पालन और सड़क सुरक्षा को लेकर विशेष अभियान चलाया जा रहा है। इसी क्रम में सोशल मीडिया सेल की निगरानी के दौरान एक वीडियो सामने आया। जिसमें कुछ नाबालिग युवक चारपहिया वाहनों पर अनियंत्रित होकर खतरनाक स्टंट करते हुए नजर आए। वीडियो का संज्ञान लेते हुए बांदा यातायात पुलिस ने तत्काल कार्रवाई की। जिसमें वाहन संख्या UP90 AJ 0672 के मालिक पवन पुत्र ब्रजमोहन, निवासी ग्राम महोखर, थाना कोतवाली नगर के वाहन को जब्त करते हुए 12,500 रुपये का चालान किया गया। इसी तरह वाहन संख्या UP90 AH 8190 के मालिक रामू पुत्र रामसनेही, निवासी ग्राम कालूकुआं, थाना कोतवाली नगर के वाहन को भी जब्त किया गया और उन पर 9,500 रुपये का जुर्माना लगाया गया। पुलिस ने दोनों वाहन मालिकों के खिलाफ निरोधात्मक कार्रवाई करते हुए उन्हें कड़ी चेतावनी दी है। साथ ही बताया गया कि सोशल मीडिया पर सामने आए अन्य स्टंटबाज़ वाहनों की भी पहचान की जा रही है, जिन पर आगे कार्रवाई की जाएगी। बांदा पुलिस ने आम जनता से अपील की है कि सोशल मीडिया पर लोकप्रियता के लिए इस तरह के जानलेवा स्टंट न करें। पुलिस के अनुसार, ऐसे कृत्य न केवल स्टंट करने वालों के लिए बल्कि आम नागरिकों के लिए भी गंभीर खतरा पैदा कर सकते हैं।
छत्तीसगढ़ के महासमुंद जिला मुख्यालय में महामाया तालाब किनारे नगर पालिका के ड्रेनेज के टूटे स्लेव से बने गड्ढे में गिरकर एक महिला गंभीर रूप से घायल हो गई। यह घटना दोपहर करीब 1.10 बजे हुई और मौके पर लगे सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गई, जिससे नगर पालिका प्रशासन की लापरवाही उजागर हुई है। पहले देखिए तस्वीरें इस तरह हुई ये घटना जानकारी के अनुसार, 40 वर्षीय हसीना बेगम महामाया तालाब में स्नान कर बाहर निकली थी। तालाब के किनारे सड़क पर चलते समय उनकी नजर करीब डेढ़ से दो साल पुराने इस गड्ढे पर नहीं पड़ी और वे सीधे उसमें गिर गईं। घायल महिला अस्पताल में भर्ती महिला के गिरते ही आसपास अफरा-तफरी मच गई। कामता मन्नाडे और सतीश होटल संचालक सहित अन्य राहगीरों ने तुरंत दौड़कर महिला को गड्ढे से बाहर निकाला। प्राथमिक उपचार के बाद उन्हें एम्बुलेंस से जिला अस्पताल भेजा गया। हादसे में महिला के चेहरे और शरीर के अन्य हिस्सों में चोटें आई हैं। नगर पालिका पर लापरवाही का आरोप स्थानीय रहवासियों ने बताया कि यह गड्ढा पिछले डेढ़-दो वर्षों से खुला पड़ा है। इस गड्ढे में पहले भी कई राहगीर गिरकर घायल हो चुके हैं। बार-बार शिकायत करने के बावजूद नगर पालिका द्वारा कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई। स्थानीय लोगों में इस घटना को लेकर गहरा आक्रोश है। उनका कहना है कि यदि समय रहते गड्ढे को भर दिया गया होता, तो यह हादसा टाला जा सकता था। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर भी वायरल हो रहा है।
ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण ने सेक्टर-16बी स्थित अजनारा होम्स (एपीवाई रियल्टी) पर 54.32 लाख रुपये का जुर्माना लगाया है। यह कार्रवाई एसटीपी न चलाने, बिना शोधित किए सीवरेज डिस्चार्ज करने, भूजल दोहन करने और कचरा प्रबंधन में लापरवाही बरतने पर की गई है। प्राधिकरण ने बिल्डर के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराने के लिए पुलिस को पत्र भी लिखा है। यह कार्रवाई ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण के सीईओ एनजी रवि कुमार के निर्देश पर चलाए जा रहे अभियान का हिस्सा है। इस अभियान के तहत सीवर विभाग की टीम ने 202 बिल्डर सोसाइटियों को नोटिस जारी किए थे। इन नोटिसों में सोसाइटियों से एसटीपी की क्षमता, सुचारु संचालन और शोधित सीवेज पानी के उपयोग से संबंधित जानकारी मांगी गई थी। अजनारा होम्स पर यह कार्रवाई भी इसी अभियान के तहत की गई। सीवर विभाग ने बिल्डर को पत्र भेजकर एसटीपी की स्थापित क्षमता, संचालन की स्थिति, सोसाइटी की कुल आबादी और शोधित सीवेज के पुन: उपयोग की जानकारी मांगी थी, लेकिन बिल्डर की ओर से कोई जवाब नहीं मिला। निवासियों की शिकायत के बाद, ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण के सीवर विभाग के वरिष्ठ प्रबंधक सन्नी यादव के नेतृत्व में टीम ने हाल ही में सोसाइटी का निरीक्षण किया। इस दौरान एसटीपी पूरी तरह बंद पाया गया। निवासियों ने बताया कि पिछले दो वर्षों से एसटीपी बंद है। सोसाइटी में लगभग 2300 फ्लैट हैं, जिससे रोजाना औसतन लगभग 1.15 एमएलडी सीवेज निकलता है। इस अशोधित सीवेज को नाली में गिराया जा रहा था। नाली की लाइन चोक होने पर सीवेज बेसमेंट में भी गिराया जाने लगा, जिससे निवासियों के लिए गंभीर संकट खड़ा हो गया। यह एनजीटी के आदेशों और सीपीसीबी व यूपीपीसीबी के नियमों के भी खिलाफ है। इसके अलावा, पेड़-पौधों की सिंचाई के लिए भूजल दोहन करना भी नियमों के विरुद्ध है। इसके चलते ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण के सीवर विभाग ने अजनारा होम्स (एपीवाई रियल्टी) पर 50 लाख रुपये की पेनल्टी लगाई, जिसे 7 कार्यदिवस में प्राधिकरण के खाते में जमा कराने को कहा गया। वहीं प्राधिकरण के स्वास्थ्य विभाग ने सोसाइटी से निकलने वाले कचरे का उचित प्रबंधन न करने पर 4.32 लाख रुपये की पेनल्टी लगाई। इस तरह बिल्डर पर कुल 54.32 लाख रुपये का जुर्माना लगाया गया है। प्राधिकरण ने दोबारा गलती करने पर लीज की शर्तों के तहत भी कार्रवाई की चेतावनी दी है। ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण के एसीईओ सुनील कुमार सिंह ने सभी बिल्डर सोसाइटियों से अपील की है कि वे अपने सीवर को एसटीपी से शोधित करें और शोधित पानी का इस्तेमाल सिंचाई कार्यों में करें।
सुप्रीम कोर्ट ने सोमवार को 2024 के पुणे पोर्शे एक्सीडेंट मामले में तीन आरोपियों को जमानत दी। कोर्ट ने ब्लड सैंपल बदलने की साजिश में आरोपी आशीष मित्तल, आदित्य सूद और अमर गायकवाड़ को जमानत देते हुए कहा कि इसका मतलब आरोपों से बरी करना नहीं है। जमानत के बावजूद ट्रायल पूरी तरह मेरिट के आधार पर चलेगा। जस्टिस नागरत्ना ने कहा- दो बेगुनाह जानें चली गईं और फिर साजिशें हुईं। आपके पक्ष में सिर्फ यही है कि आप लंबे समय तक जेल में रहे। इस हादसे में दो लोगों की मौत हुई थी और बाद में सबूतों से छेड़छाड़ की साजिश के आरोप सामने आए थे। इस दौरान कोर्ट ने माता-पिता की जिम्मेदारी को लेकर भी कड़ी टिप्पणी की। जस्टिस नागरत्ना ने कहा कि बच्चों को बिना नियंत्रण कार और पैसे देना गंभीर सामाजिक समस्या है। ऐसे मामलों में मात-पिता को भी दोषी ठहराया जाना चाहिए। अगर माता-पिता बच्चों से बात नहीं कर पाते, तो उसकी जगह एटीएम कार्ड और कार नहीं दी जा सकती। जस्टिस बीवी नागरत्ना और जस्टिस उज्जल भुयान की बेंच ने शराब पीकर जश्न मनाने और तेज गाड़ी चलाने की आदत पर नाराजगी जताई। कोर्ट ने कहा- सख्ती से कार्रवाई करनी होगी सुनवाई के दौरान मृतक लड़की की मां की ओर से पेश सीनियर एडवोकेट गोपाल शंकरनारायणन ने ऐसे मामलों में एक तय पैटर्न की ओर इशारा किया, जिस पर जस्टिस नागरत्ना ने सहमति जताई। उन्होंने कहा कि कानून को ऐसे मामलों में सख्ती से कार्रवाई करनी होगी। जानें पूरा मामला… यह मामला 19 मई 2024 की रात पुणे के कल्याणी नगर में हुए एक हादसे का है। नशे में बताए जा रहे नाबालिग ने पोर्श कार से बाइक को टक्कर मार दी, जिससे 24 साल के दो सॉफ्टवेयर इंजीनियर युवक-युवती की मौत हो गई थी। आरोप है कि नाबालिग के पिता और कुछ लोगों ने अस्पताल के स्टाफ के साथ मिलकर ब्लड टेस्ट रिपोर्ट बदलवाई, ताकि शराब का सबूत न मिले। इसके लिए अस्पताल स्टाफ को पैसे दिए गए। बाद में ब्लड सैंपल बदलने के आरोप में दो बिजनेसमैन गिरफ्तार हुए। हाई कोर्ट ने उनकी जमानत खारिज कर दी थी और कहा था कि पैसे वाले आरोपियों के बाहर आने से गवाहों से छेड़छाड़ हो सकती है और न्याय में रुकावट आ सकती है। कोर्ट ने 300 शब्दों का निबंध लिखने के लिए कहा था पुणे पोर्श एक्सीडेंट के 42 दिन बाद नाबालिग आरोपी ने रोड एक्सीडेंट पर 300 शब्दों का निबंध लिखकर जुवेनाइल जस्टिस बोर्ड को सबमिट किया था। जुवेनाइल बोर्ड ने आरोपी को 300 शब्दों का निबंध लिखने सहित कुल 7 शर्तों पर जमानत दी थी। हालांकि, पुलिस की मांग और लोगों के आक्रोश के बाद जुवेनाइल बोर्ड ने अपने फैसले में संशोधन किया था। 22 मई 2024 को बोर्ड ने आरोपी को बाल सुधार गृह में भेजने का आदेश दिया था। हालांकि, 25 जून को बॉम्बे हाईकोर्ट ने नाबालिग आरोपी को जमानत दे दी। ---------------------------------- ये खबर भी पढ़ें… पोर्श हिट-एंड-रन: मृतक के परिजन नाखुश, पिता बोले- ऐसे में बेटे को न्याय कैसे मिलेगा सुप्रीम कोर्ट से जमानत मिलने की खबर अनीश अवधिया के परिवारजनों को मिली है। परिवार ने इस फैसले पर निराशा व्यक्त की है। अनीश के दादाजी आत्माराम अवधिया ने कहा कि उन्हें तीनों आरोपियों की जमानत की जानकारी मिली है और सुप्रीम कोर्ट को पुणे मामले को संज्ञान में लेकर आरोपियों की जमानत रद्द करनी चाहिए थी। पूरी खबर पढ़ें…
सतना में हाईवे पर शव रखकर चक्काजाम:परिजनों ने लगाया हत्या का आरोप; पुलिस की समझाइश के बाद खुला जाम
सतना जिले के नागौद-पन्ना मार्ग पर हरदुआ गांव के पास सोमवार शाम ग्रामीणों ने नेशनल हाईवे 39 पर शव रखकर चक्काजाम कर दिया। करीब एक घंटे तक चले इस प्रदर्शन के कारण सड़क के दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं। सूचना पर पहुंचे नागौद टीआई अशोक पांडेय ने परिजनों को समझाइश दी, जिसके बाद जाम खोला जा सका। प्रदर्शन के दौरान मृतक के परिजनों ने गंभीर आरोप लगाए। उनका कहना है कि राजकिशोर रविवार को गांव के कुछ लोगों के साथ पटेल ढाबा पर शराब पीने गया था। परिजनों का दावा है कि उसे शराब पिलाने के बाद उसकी हत्या कर दी गई और शव को बगीचे में पेड़ पर लटका दिया गया। पुलिस ने संदिग्धों पर जांच के बाद कार्रवाई का आश्वासन दिया, तब जाकर ग्रामीण माने और शव लेकर रवाना हुए। रविवार शाम पेड़ पर लटका मिला था शव टीआई अशोक पांडेय ने बताया कि हरदुआ निवासी राजकिशोर प्रजापति (45) का शव रविवार शाम गांव के ही एक बगीचे में पेड़ पर फंदे से लटका मिला था। पुलिस ने मौके पर पंचनामा तैयार कर शव को पोस्टमार्टम के लिए सिविल अस्पताल नागौद भेजा था। पीएम के समय नहीं की थी कोई शिकायत सोमवार को पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया। पुलिस के अनुसार, घटना के बाद पोस्टमार्टम होने तक परिजनों की ओर से कोई शिकायत दर्ज नहीं कराई गई थी। शव मिलने के बाद ही उन्होंने चक्काजाम कर हत्या का आरोप लगाया।
सहरसा में इंटरमीडिएट वार्षिक परीक्षा-2026 सोमवार को कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच शुरू हुई। पहले दिन जिले के सभी 22 परीक्षा केंद्रों पर परीक्षा शांतिपूर्ण और कदाचार मुक्त माहौल में संपन्न हुई। जिला प्रशासन के अनुसार, दोनों पालियों को मिलाकर कुल 228 परीक्षार्थी अनुपस्थित रहे, जबकि किसी भी परीक्षार्थी को निष्कासित या गिरफ्तार नहीं किया गया। सदर एसडीएम श्रेयांश तिवारी ने इसकी जानकारी दी। आधिकारिक आंकड़ों के मुताबिक, सहरसा जिले में कुल 22 परीक्षा केंद्र बनाए गए थे, जिनमें सदर अनुमंडल के 19 और सिमरी बख्तियारपुर अनुमंडल के 3 केंद्र शामिल हैं। सदर अनुमंडल के 19 केंद्रों पर कुल 8570 परीक्षार्थी पंजीकृत थे। कदाचार का कोई मामला नहीं आयाइनमें से 8387 परीक्षार्थी उपस्थित हुए, जबकि 183 अनुपस्थित रहे। जिला स्कूल सहरसा, मनोहर उच्च विद्यालय, एमएलटी कॉलेज और आरएम कॉलेज जैसे प्रमुख केंद्रों पर सुबह से ही परीक्षार्थियों की भीड़ देखी गई। प्रशासन ने पुष्टि की कि किसी भी केंद्र पर कदाचार का कोई मामला सामने नहीं आया और न ही कोई जुर्माना वसूला गया। कुल 45 परीक्षार्थी अनुपस्थित पाए गएसिमरी बख्तियारपुर अनुमंडल में +2 उच्च विद्यालय, प्रोजेक्ट कन्या उच्च विद्यालय और डी.सी. इंटर कॉलेज को परीक्षा केंद्र बनाया गया था। सिमरी बख्तियारपुर अनुमंडल पदाधिकारी आलोक राय के अनुसार, इन तीनों केंद्रों पर कुल 45 परीक्षार्थी अनुपस्थित पाए गए। कुछ परीक्षार्थी प्रथम पाली में निर्धारित समय के बाद पहुंचने के कारण परीक्षा में शामिल नहीं हो सके। सभी केंद्रों पर दंडाधिकारियों की उपस्थिति में उत्तर पुस्तिकाओं को विधिवत सील किया गया। परीक्षा के सफल संचालन के लिए जिला प्रशासन ने सभी केंद्रों पर पर्याप्त संख्या में पुलिस बल और दंडाधिकारियों की तैनाती की थी। प्रवेश से पहले परीक्षार्थियों की सघन तलाशी ली गई। आसपास धारा 144 के तहत निषेधाज्ञा लागू रहीइसके अतिरिक्त, परीक्षा केंद्रों के आसपास धारा 144 के तहत निषेधाज्ञा लागू रही, ताकि किसी भी प्रकार की भीड़ या अव्यवस्था को रोका जा सके। जिला प्रशासन ने बताया कि आगामी विषयों की परीक्षाओं को लेकर भी पूरी सतर्कता बरती जा रही है। इसका उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि पूरी परीक्षा प्रक्रिया आगे भी इसी तरह शांतिपूर्ण और कदाचार मुक्त बनी रहे।
जिले में इंटरमीडिएट की परीक्षा सोमवार को 37 केंद्रों पर शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुई। कुल 6167 परीक्षार्थी उपस्थित रहे, जबकि 116 अनुपस्थित दर्ज किए गए। परीक्षा कदाचारमुक्त माहौल में आयोजित की गई। शिक्षा विभाग से शाम 6 बजे मिली रिपोर्ट के अनुसार, प्रथम पाली में कुल 5043 परीक्षार्थियों में से 4959 शामिल हुए और 84 अनुपस्थित रहे। यह पाली सुबह 9:30 बजे से दोपहर 12:45 बजे तक चली। द्वितीय पाली में 1240 परीक्षार्थियों में से 1208 उपस्थित रहे, जबकि 32 अनुपस्थित पाए गए। द्वितीय पाली का समय दोपहर 2:00 बजे से शाम 5:15 बजे तक था। एग्जाम देकर लौट रहे छात्रों की 2 तस्वीरें… दंडाधिकारी के साथ पुलिस बल तैनात रहापरीक्षा को लेकर सभी केंद्रों पर कड़ी सुरक्षा व्यवस्था की गई थी। प्रत्येक परीक्षा केंद्र पर दंडाधिकारी के साथ पुलिस बल तैनात रहा, जिससे पूरी प्रक्रिया नियंत्रित और पारदर्शी बनी रही। परीक्षा केंद्रों में प्रवेश से पहले सभी परीक्षार्थियों की सघन जांच की गई। उन्हें जूते-मोजे उतारकर तलाशी ली गई। मोबाइल फोन, इलेक्ट्रॉनिक उपकरण और किसी भी आपत्तिजनक सामग्री को ले जाने पर पूर्ण प्रतिबंध था। जांच पूरी होने के बाद ही परीक्षार्थियों को परीक्षा कक्ष में प्रवेश की अनुमति मिली। पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी लगातार निगरानी करते रहे, जिससे नकल या अनुचित गतिविधि पर तुरंत कार्रवाई की जा सके।
पनकी थानाक्षेत्र में लव मैरिज के 3 माह के अंदर पति ने पत्नी को मौत के घाट उतार दिया। हत्या करने के बाद पति मौके से फरार हो गया। घटना की जानकारी पुलिस फ्लैट पर पहुंची तो विवाहिता का शव पड़ा मिला। जानकारी पर डीसीपी वेस्ट एसएम कासिम आबिदी व फॉरेंसिक टीम मौके पर पहुंची और जांच पड़ताल में जुटी है। रतनपुर रामगंगा एंक्लेव के बी 54/9 फ्लैट में शोएब खान उर्फ सौरभ पत्नी दीपिका सैनी के साथ रहता था। उसने अक्टूबर 2025 में दीपिका के साथ लव मैरिज की थी। परिजनों ने बताया कि शादी के बाद से अक्सर दोनों के बीच झगड़ा होता था। सोमवार देर शाम शोएब ने दीपिका का मर्डर कर दिया, घटना को अंजाम देने के बाद शोएब मौके से फरार हो गया। घटना की जानकारी पर डीसीपी वेस्ट, एडीसीपी वेस्ट समेत पनकी पुलिस मौके पर पहुंची। डीसीपी ने बताया कि सौरभ को मुस्लिम लोगों के द्वारा पाला गया था, जिस पर उन्होंने सौरभ का नाम शोएब खान रख दिया। मौके पर फॉरेंसिक टीम साक्ष्य संकलन कर रही है। घटना की जानकारी पर दीपिका के परिजन पहुंच गए है।
कौशांबी में उत्तर प्रदेश के डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य ने अपने दो दिवसीय दौरे के दूसरे दिन सिराथू विधानसभा क्षेत्र के दारानगर में आयोजित कार्यकर्ता सम्मेलन में भाग लिया। सम्मेलन में उन्होंने सैकड़ों पार्टी कार्यकर्ताओं को संबोधित किया। इस दौरान केशव मौर्य ने कहा कि मंच पर प्रतिनिधि नहीं, बल्कि स्वयं निर्वाचित ब्लॉक प्रमुख को ही बैठना चाहिए। मंच से संबोधन के दौरान डिप्टी सीएम ने मंच व्यवस्था को लेकर सख्त रुख अपनाया। कार्यकर्ताओं द्वारा दी गई पदाधिकारियों की सूची पढ़ते समय जब उन्होंने सिराथू ब्लॉक प्रमुख प्रतिनिधि लवकुश मौर्य का नाम पढ़ा, तो कुछ क्षण रुकते हुए आयोजकों को स्पष्ट निर्देश दिए कि आगे से किसी भी ब्लॉक प्रमुख प्रतिनिधि को मंच पर स्थान न दिया जाए। कार्यकर्ताओं के बीच हंसी और ठहाकों का माहौल केशव मौर्य ने कहा कि मंच पर प्रतिनिधि नहीं, बल्कि स्वयं निर्वाचित ब्लॉक प्रमुख को ही बैठना चाहिए। उनकी इस टिप्पणी पर पहले कुछ पल के लिए सभा में सन्नाटा छा गया। लेकिन कुछ ही देर बाद कार्यकर्ताओं के बीच हंसी और ठहाकों का माहौल बन गया। डिप्टी सीएम ने लोकसभा चुनावों का भी जिक्र किया। उन्होंने बताया कि देश की 283 लोकसभा सीटों पर भाजपा की जीत हुई है। जिसमें कौशांबी भी शामिल है। साथ ही उन्होंने 2019 में भाजपा द्वारा जीती गई 303 सीटों को याद दिलाया। हालांकि, उन्होंने 2024 के लोकसभा चुनाव में कौशांबी के प्रदर्शन को लेकर चिंता भी जाहिर की। संगठन को मजबूत करने का आह्वान केशव प्रसाद मौर्य ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार विकसित भारत संकल्प को साकार करने की दिशा में काम कर रही है। इसी उद्देश्य से वे कौशांबी आए हैं। उन्होंने जिले की तीनों विधानसभा सीटों पर भाजपा की हार पर चिंता व्यक्त करते हुए कार्यकर्ताओं से संगठन को मजबूत करने और आगामी चुनावों में तीनों सीटों पर कमल खिलाने का आह्वान किया। प्रत्येक कार्यकर्ता संगठन की रीढ़- केशव उपमुख्यमंत्री ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी कार्यकर्ताओं की पार्टी है। जहां प्रत्येक कार्यकर्ता संगठन की रीढ़ है। उन्होंने कहा कि सरकार की योजनाओं को जन-जन तक पहुंचाने में कार्यकर्ताओं की भूमिका सबसे महत्वपूर्ण है। उनके परिश्रम व समर्पण के कारण ही भाजपा को निरंतर जनता का विश्वास मिल रहा है। केशव प्रसाद मौर्य ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के मार्गदर्शन में उत्तर प्रदेश में हो रहे विकास कार्यों का उल्लेख किया। कहा कि डबल इंजन सरकार ने गरीब, किसान, युवा, महिला और वंचित वर्ग के उत्थान के लिए ऐतिहासिक कार्य किए हैं। उन्होंने कहा कि आज प्रदेश कानून-व्यवस्था, विकास और सुशासन के नए मानक स्थापित कर रहा है। इस दौरान कार्यकर्ताओं ने उपमुख्यमंत्री के समक्ष अपने विचार और सुझाव भी रखे। केशव प्रसाद मौर्य ने कार्यकर्ताओं का उत्साहवर्धन करते हुए संगठन को और अधिक सशक्त बनाने का आह्वान किया। कार्यक्रम में भाजपा के वरिष्ठ पदाधिकारी, जनप्रतिनिधि, मंडल व बूथ स्तर के कार्यकर्ता तथा बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिक मौजूद रहे।
मध्य प्रदेश के डॉ. हरिसिंह गौर केंद्रीय विश्वविद्यालय, सागर के एप्लाइड जियोलॉजी विभाग का एक दल मनेन्द्रगढ़ स्थित एशिया के सबसे बड़े गोंडवाना मरीन फॉसिल्स पार्क पहुंचा। प्रोफेसर डॉ. के.के. प्रजापति और डॉ. एस. सेल्वकुमार के नेतृत्व में एम.टेक द्वितीय वर्ष (चतुर्थ सेमेस्टर) के 27 छात्र-छात्राओं ने लगभग 29 करोड़ वर्ष प्राचीन समुद्री जीवाश्मों का शोध अध्ययन किया। दल के सदस्यों ने पार्क में संरक्षित इन प्राचीन जीवाश्मों का अवलोकन किया। यह शैक्षणिक भ्रमण विद्यार्थियों के पाठ्यक्रम के साथ-साथ व्यावहारिक एवं क्षेत्रीय अध्ययन की दृष्टि से भी अत्यंत उपयोगी सिद्ध हुआ। इस अवसर पर पुरातत्व/पर्यटन विभाग के जिला नोडल अधिकारी डॉ. विनोद पांडेय और पुरातत्व संघ के सदस्य विद्याधर गर्ग ने फॉसिल्स पार्क में स्थल पर प्राप्त जीवाश्मों और इंटरप्रिटेशन बिल्डिंग में प्रदर्शित जीवाश्मों की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने बताया कि यह क्षेत्र गोंडवाना काल के समुद्री जीवन का महत्वपूर्ण प्रमाण प्रस्तुत करता है। विशेषज्ञों ने समुद्री जीवाश्मों के वैज्ञानिक महत्व पर प्रकाश डाला विशेषज्ञों ने यहां पाए जाने वाले मोलस्का, यूरीडेस्मा एवं एकिलोपेक्टेन जैसे समुद्री जीवाश्मों के वैज्ञानिक एवं भूवैज्ञानिक महत्व पर प्रकाश डाला। वन विभाग द्वारा पत्थरों पर उकेरी गई समुद्री जीवों की आकृतियों एवं शिल्पकला की भी जानकारी दी गई, जिसमें छात्र-छात्राओं ने विशेष रुचि दिखाई। भ्रमण के दौरान विद्यार्थियों ने जीवाश्मों के निर्माण, संरक्षण एवं उनके भू-वैज्ञानिक महत्व से संबंधित अनेक प्रश्न पूछे, जिनका विशेषज्ञों ने विस्तार पूर्वक समाधान किया। दल में मिनिरल एक्सप्लोरेशन एंड कंसल्टेंसी लिमिटेड के सीनियर जियोलॉजिस्ट बंटी कुमार और सीनियर टेक्नीशियन अंकित लोधी सहित सागर विश्वविद्यालय के कई छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे। अंत में विश्वविद्यालय के प्रोफेसरों एवं छात्र-छात्राओं ने फॉसिल्स पार्क प्रबंधन एवं पुरातत्व विभाग के प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि इस प्रकार के शैक्षणिक भ्रमण से विद्यार्थियों को वास्तविक क्षेत्रीय अध्ययन का अवसर मिलता है, जिससे उनकी शोध क्षमता एवं वैज्ञानिक दृष्टिकोण सुदृढ़ होता है।
केंद्रीय रेलवे बजट 2026–27 में छत्तीसगढ़ को रेलवे विकास के लिए 7,470 करोड़ रुपए का प्रावधान किया गया है। यह राशि पहले के मुकाबले करीब 24 गुना ज्यादा है। इससे छत्तीसगढ़ में रेल नेटवर्क, यात्री सुविधाएं और सुरक्षा व्यवस्था पूरी तरह बदलने जा रही है। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने इस बड़े निवेश के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव का आभार जताया है। उन्होंने कहा कि डबल इंजन सरकार की वजह से छत्तीसगढ़ रेलवे विकास के मामले में देश के अग्रणी राज्यों में शामिल हो रहा है। पहले 311 करोड़, अब 7,470 करोड़ वर्ष 2009 से 2014 के बीच छत्तीसगढ़ को रेलवे के लिए हर साल औसतन 311 करोड़ रुपए मिलते थे। लेकिन इस बार 2026–27 में यह बढ़कर 7,470 करोड़ रुपए हो गया है। यह बताता है कि केंद्र सरकार छत्तीसगढ़ को रेलवे विकास का बड़ा केंद्र बनाने पर जोर दे रही है। 51 हजार करोड़ की परियोजनाएं चल रही इस समय छत्तीसगढ़ में 51,080 करोड़ रुपए से ज्यादा की रेलवे परियोजनाएं अलग-अलग चरणों में चल रही हैं। इनमें नई रेल लाइनें, स्टेशन का कायाकल्प, सिग्नल सिस्टम को आधुनिक बनाना और सुरक्षा से जुड़े कई अहम काम शामिल हैं। इससे यात्री और माल परिवहन दोनों को फायदा होगा और उद्योगों को भी बढ़ावा मिलेगा। 32 स्टेशन नए रूप में तैयार अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत छत्तीसगढ़ के 32 रेलवे स्टेशनों को आधुनिक बनाया जा रहा है। इस पर 1,674 करोड़ रुपए खर्च किए जा रहे हैं। डोंगरगढ़ (फेज-1), अंबिकापुर, भानुप्रतापपुर, भिलाई और उरकुरा स्टेशन का काम पूरा हो चुका है, जबकि बाकी स्टेशनों पर तेजी से काम चल रहा है। राज्य में फिलहाल वंदे भारत एक्सप्रेस की 2 जोड़ी अमृत भारत एक्सप्रेस की 1 जोड़ी चल रही है। 1200 किमी नई रेल लाइन, 100% विद्युतीकरण 2014 के बाद से अब तक छत्तीसगढ़ में करीब 1,200 किलोमीटर नई रेल लाइन बिछाई जा चुकी है। इसके साथ ही राज्य का पूरा ब्रॉड गेज रेल नेटवर्क 100 प्रतिशत विद्युतीकृत हो गया है। बजट में रेलवे सुरक्षा के लिए भी खास ध्यान दिया गया है। अब तक 170 फ्लाईओवर और अंडरपास बनाए जा चुके हैं, जिससे रेलवे फाटकों की संख्या कम हुई है। साथ ही आधुनिक सुरक्षा प्रणाली कवच को तेजी से लागू किया जा रहा है। फिलहाल 845 रूट किलोमीटर में कवच सिस्टम का काम चल रहा है, जबकि 1,083 रूट किलोमीटर के लिए मंजूरी मिल चुकी है। रोजगार और विकास को मिलेगा फायदा मुख्यमंत्री साय ने कहा कि रेलवे में हो रहा यह निवेश सिर्फ सफर आसान बनाने तक सीमित नहीं है। इससे रेलवे बजट में हुए इस बड़े निवेश से छत्तीसगढ़ में रोजगार, व्यापार, उद्योग और लॉजिस्टिक्स को सीधा फायदा मिलेगा। बेहतर रेल कनेक्टिविटी से राज्य की भूमिका राष्ट्रीय परिवहन और आर्थिक नेटवर्क में और मजबूत होगी।
बिहार लोक सेवा आयोग (BPSC) ने साल 2026 तक आयोजित होने वाली प्रतियोगी परीक्षाओं का परीक्षा कैलेंडर जारी कर दिया है। कैलेंडर में सिविल सेवा, शिक्षक, न्यायिक सेवा, तकनीकी पदों समेत कुल 50 से अधिक भर्तियों की संभावित परीक्षा तिथियों, परिणाम और साक्षात्कार का ब्योरा दिया गया है। आयोग ने साफ किया है कि सभी तिथियां अस्थायी हैं और जरूरत पड़ने पर इनमें बदलाव किया जा सकता है। परीक्षा कैलेंडर लाखों अभ्यर्थियों के लिए बेहद अहम है, क्योंकि इससे उन्हें अपनी तैयारी की रणनीति तय करने में बड़ी मदद मिलेगी। शिक्षा क्षेत्र में भी होंगी भर्तियां कैलेंडर के अनुसार 70वीं और 71वीं एकीकृत संयुक्त प्रतियोगिता (CCE) की मुख्य परीक्षाएं और इंटरव्यू वर्ष 2025–26 में कराए जाएंगे, जबकि 72वीं CCE की प्रारंभिक परीक्षा 26 जुलाई 2026 को प्रस्तावित है। 33वीं न्यायिक सेवा परीक्षा की प्रारंभिक परीक्षा 30 मई 2026 और APO परीक्षा 15 जुलाई 2026 को संभावित है। शिक्षा क्षेत्र की भर्तियों की बात करें तो सिमुलतला आवासीय विद्यालय, जमुई में माध्यमिक और उच्च माध्यमिक शिक्षक भर्ती, विशेष शिक्षक (7279 पद), सहायक शिक्षा विकास पदाधिकारी (935 पद) समेत कई बड़ी भर्तियों की परीक्षाएं 2026 में होंगी। वहीं मेडिकल कॉलेजों, आयुर्वेदिक, यूनानी, होम्योपैथिक और तकनीकी शिक्षा विभाग में असिस्टेंट प्रोफेसर, एसोसिएट प्रोफेसर और प्रोफेसर के हजारों पदों पर भर्ती की प्रक्रिया भी कैलेंडर में शामिल है, जिनकी तिथियां विभागीय दिशा-निर्देश के बाद तय होंगी। आधिकारिक वेबसाइट पर नियमित रूप से अपडेट देखने की सलाह तकनीकी और प्रशासनिक पदों में लोअर डिवीजन क्लर्क, असिस्टेंट सेक्शन ऑफिसर, स्टेनोग्राफर, मोटर व्हीकल इंस्पेक्टर, खनिज विकास पदाधिकारी, ऑडिटर, रिसर्च ऑफिसर, जिला सांख्यिकी पदाधिकारी, परियोजना प्रबंधक, फॉरेस्ट कंजर्वेटर समेत कई महत्वपूर्ण पद शामिल हैं। कई परीक्षाएं दो चरण (लिखित + इंटरव्यू) और तीन चरण (प्रारंभिक, मुख्य और साक्षात्कार) में आयोजित की जाएंगी। BPSC ने यह भी स्पष्ट किया है कि कुछ भर्तियों के परिणाम विभागीय अनुमति, सुप्रीम कोर्ट या हाईकोर्ट के निर्देश के अधीन हैं, जबकि कुछ परीक्षाएं विभाग की ओर से स्थगित की गई हैं। आयोग ने अभ्यर्थियों को सलाह दी है कि वे आधिकारिक वेबसाइट पर नियमित रूप से अपडेट देखते रहें और परीक्षा की तैयारी कैलेंडर के अनुसार समय पर करें।
तपस्वी छावनी पीठाधीश्वर जगद्गुरु परमहंसाचार्य ने कहा जब तक शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सीएम योगी पर कहे गए अशब्द वापस नहीं ले लेते हैं, तब तक उन्हें अयोध्या की धरती पर प्रवेश नहीं करने दिया जाएगा। भगवा पहनकर भगवा का अपमान बेहद निंदनीय हैउन्होंने कहा कि इस समय तक सनातन धर्म के लोग स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद नंद से दूरी बनाकर रखें। क्योंकि उन्होंने भगवा का अपमान किया है। भगवा पहनकर भगवा का अपमान अपने मुख से किया है। अगर कोई उनका अनुयाई ऐसा किया होता तो सोचा जाता चलो गलती कर दिया है। उन्होंने स्वयं कहा है। शंकराचार्य का गोरक्षा आंदोलन आंदोलन राजनीति से प्रेरितसाथ ही साथ जो उनका जो गोराक्ष का आंदोलन आंदोलन चल रहा है। यह राजनीति से प्रेरित है। क्योंकि गोवंश को राष्ट्रीय धरोहर घोषित किया जाना चाहिए। अगर केवल गाय को राष्ट्र माता कहेंगे तो गाय राष्ट्र माता घोषित होने के बाद गाय की रक्षा तो होजाएगी। लेकिन बेल बछड़ा नंदी की रक्षा नहीं हो पाएगी। इसका मतलब गो हत्या बंद नहीं होगी। सभी गोवंश की रक्षा होनी चाहिएपरमहंसाचार्य ने कहा कि इसलिए मेरा अनुरोध है। केंद्र सरकार और सभी राज्य सरकारों से गोवंश को राष्ट्रीय धरोहर एवं राज्य का धरोहर घोषित करके गौ हत्या पर पूर्ण रूप से प्रतिबंध लगाया जाए। और स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद का जो गोरक्षा का आंदोलन है। इससे तो सिर्फ गाय ही बच जाएगी। लेकिन बछड़ा नंदी बैल की हत्या होती रहेंगी । उन्होंने कहा कि अविमुक्तेश्वरानंद जो आंदोलन है। केवल इससे गो हत्या बंद करने वाला नहीं है। मर्यादा भगवान श्री रामचंद्र की पावनजन्मभूमि अयोध्या से तपस्वी छावनी पीठाधीश्वर जगद्गुरु परमहंशाचार्य उत्तरप्रदेश के मुख्यमंत्री एम गोरक्ष पीठ के पीठाधीश्वर हिंदू हृदय सम्राट सनातनके सूर्य योगीआदित्यनाथ को स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद ने जिन शब्दों का प्रयोग किया है। वह अत्यंत निंदनीय है। स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद ने सीधे का दिया कि हिमायू का बेटा अकबर और औरंगजेब जो अक्ष्यम जब तक वह अपना यह सब वापस नहीं लेते है। तब तक हम सनातनियों से अपील करता हूं।
गोपालगंज जिले के कुचायकोट प्रखंड स्थित हसना सिरिसिया गांव में शतचण्डी दुर्गा प्राण प्रतिष्ठा महायज्ञ का भव्य कलश यात्रा के साथ शुभारंभ हुआ। इस यात्रा में अनुमानित 21 हजार महिलाओं और युवतियों ने भाग लिया, जिससे पूरे क्षेत्र में भक्तिमय माहौल बन गया। कलश यात्रा की मुख्य विशेषता महिलाओं की भारी भागीदारी रही। लगभग 21 हजार महिलाओं और युवतियों ने अपने सिर पर कलश रखकर इस यात्रा में हिस्सा लिया। पीले और केसरिया परिधानों में सजी इन श्रद्धालु महिलाओं की कतारें दूर तक फैली हुई थीं। पूरे रास्ते जय माता दी के जयकारेयह कलश यात्रा यज्ञ स्थल से गाजे-बाजे और घोड़ों के साथ शुरू हुई। श्रद्धालु पूरे रास्ते जय माता दी और हर हर महादेव के जयकारे लगाते रहे। स्थानीय नदियों या पवित्र जलाशयों से जल भरने के बाद, वैदिक मंत्रोच्चार के बीच कलशों को यज्ञ मंडप में स्थापित किया गया। यात्रा मार्ग में जगह-जगह स्थानीय लोगों ने पुष्प वर्षा कर श्रद्धालुओं का स्वागत किया। इसके साथ ही, प्याऊ और शरबत की व्यवस्था भी की गई थी ताकि यात्रियों को किसी प्रकार की असुविधा न हो। सुरक्षा और यातायात के पुख्ता इंतजाम यह नौ दिवसीय महायज्ञ शतचण्डी पाठ, हवन और विशेष प्राण प्रतिष्ठा अनुष्ठानों के साथ आयोजित किया जा रहा है। भारी भीड़ को देखते हुए स्थानीय प्रशासन और स्वयंसेवकों ने सुरक्षा और यातायात के पुख्ता इंतजाम किए हैं। मुख्य आयोजक प्रभुनाथ सिंह ने बताया कि वेदी पूजन 3 फरवरी को, अरण्यों मंथन मूर्ति संस्कार 4 फरवरी को और नगर परिक्रमा 5 फरवरी को निर्धारित है। प्राण प्रतिष्ठा एवं यज्ञ पूर्णाहुति 6 फरवरी को होगी। यज्ञाचार्य जगदम्बा पाण्डेय और कथावाचक शिवशंकर शास्त्री इस आयोजन में अपनी भूमिका निभा रहे हैं।
इंदौर नगर निगम क्षेत्र में आने वाले कुमेडी क्षेत्र में अपर आयुक्त प्रखर सिंह पहुंचे। उन्होंने सांवेर रोड स्थित इंडस्ट्रियल एरिया में औद्योगिक इकाइयों के अपशिष्ट जल निस्तारण की समीक्षा की। उन्हें देखा कि कुछ औद्योगिक इकाइयां नियमों का उल्लंघन करते हुए रासायनिक अपशिष्ट पानी को सीधे सीवरेज लाइन में छोड़ रही है, जिससे सीवरेज व्यवस्था व पर्यावरण को गंभीर नुकसान पहुंचने की संभावना है। अपर आयुक्त ने तत्काल सख्त कार्रवाई करने निर्देश दिए हैं। निर्देशों का पालन करते हुए सोमवार को कलर केम नामक कंपनी द्वारा रासायनिक पानी को सीवरेज में छोड़े जाने की पुष्टि होने पर संबंधित कंपनी पर 1 लाख रुपए का स्पॉट फाइन लगाया गया। साथ ही भविष्य में इस प्रकार की लापरवाही दोहराए जाने पर और कठोर कार्रवाई किए जाने की चेतावनी भी दी। कार्रवाई के दौरान ये रहे मौजूद कार्रवाई के दौरान जोनल अधिकारी नरेंद्र कुरील, सीएसआई सत्येंद्र सिंह तोमर, ड्रेनेज सब-इंजीनियर सिद्धांत मेहता, बल्क सुपरवाइजर एवं ड्रेनेज सुपरवाइजर सहित विभागीय टीम मौजूद रही। आयुक्त के निर्देश पर आउट फॉल चेक किए आयुक्त के निर्देशानुसार जोन 17 के वार्ड 19 कुमेडी क्षेत्र में जोनल अधिकारी कुरील के निर्देशन में फैक्ट्री के आउट फॉल चेक किए गए। निरीक्षण में कुमेडी क्षेत्र की फैक्ट्री डिलाइट इनोवेशन द्वारा कचरा नाले में फेंका जा रहा था। साथ ही गंदा पानी नाले में छोड़ा जा रहा था l जिसके विरुद्ध सीएसआई आशीष कापसे एवं उपयंत्री सिद्धांत मेहता ने 20 हजार रुपए का स्पॉट फाइन किया।
विश्व आर्द्रभूमि दिवस के अवसर पर सोमवार को हस्तिनापुर वन्य जीव अभ्यारण की भीकुंड वेटलैंड में बर्ड वॉचिंग, जैव विविधता संरक्षण और जन-जागरूकता से जुड़े कार्यक्रम आयोजित किए गए। कार्यक्रम का उद्देश्य आर्द्रभूमियों के संरक्षण और प्रवासी व स्थानीय पक्षियों की महत्ता को लेकर लोगों को जागरूक करना रहा। वॉच टावर से बर्ड वॉचिंग की शुरुआत हुई, जहां विशेषज्ञों ने पक्षियों की पहचान और उनके प्राकृतिक आवास की जानकारी दी।अधिकारियों के अनुसार, इस वर्ष अब तक का सबसे बड़ा बर्ड काउंट दर्ज किया गया, जिसमें 30 हजार से अधिक प्रवासी पक्षी देखे गए। यह क्षेत्र 300 से ज्यादा पक्षी प्रजातियों का आवास है, जिनमें बार हेडेड गूस, सरस क्रेन, किंगफिशर और स्पून बिल्ड डक प्रमुख रहीं। कार्यक्रम के दूसरे चरण में मखदुमपुर घाट स्थित टर्टल हैचरी से 1633 कछुआ शावकों को गंगा नदी में छोड़ा गया। अधिकारियों ने बताया कि कछुए नदी के जैव संतुलन और स्वच्छता में अहम भूमिका निभाते हैं। वेटलैंड दिवस पर आयोजित चित्रकला प्रतियोगिता में स्प्रिंग डेल्स पब्लिक स्कूल की मिशिका त्यागी और हस्तिनापुर पब्लिक स्कूल के रित्विक ने प्रथम स्थान प्राप्त किया। बर्ड फोटोग्राफी और संरक्षण में योगदान के लिए डॉ. रजत भार्गव को सम्मानित किया गया। अतिथियों ने कहा कि आर्द्रभूमियां प्रकृति की अमूल्य धरोहर हैं और इनके संरक्षण के लिए सामूहिक प्रयास जरूरी हैं। कार्यक्रम वन विभाग, डब्लूडब्लूएफ और स्थानीय प्रशासन के सहयोग से सफलतापूर्वक संपन्न हुआ।
धार जिले के राजगढ़ क्षेत्र स्थित प्रसिद्ध मोहनखेड़ा जैन तीर्थ की पावन भूमि पर सोमवार को आस्था और विश्वास का अद्भुत संगम देखने को मिला। बागेश्वर धाम के पीठाधीश्वर पंडित धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री की कथा और प्रवचन सुनने के लिए हजारों श्रद्धालुओं का जनसैलाब उमड़ पड़ा। श्रद्धालु बागेश्वर सरकार की एक झलक पाने को आतुर नजर आए। पंडित धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री शाम को कथा स्थल पर पहुंचे। इससे पहले उन्होंने मोहनखेड़ा जैन तीर्थ में भगवान आदिनाथ और दादा गुरुदेव राजेंद्र सुरीश्वर जी महाराज के दर्शन-वंदन किए। इस दौरान तीर्थ परिसर में विराजमान साधु-साध्वियों से भी भेंट की। श्री मोहनखेड़ा जैन तीर्थ ट्रस्ट मंडल की ओर से उनका भव्य स्वागत एवं बहुमान किया गया। जैसे ही पंडित धीरेंद्र शास्त्री मंदिर परिसर से बाहर निकले, श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ पड़ी। श्रद्धालुओं के उत्साह को देखते हुए बागेश्वर सरकार खुली जीप में सवार होकर सभी का अभिवादन स्वीकार करते हुए कथा स्थल तक पहुंचे। इस दौरान जमकर आतिशबाजी हुई और जयकारों से पूरा क्षेत्र गूंज उठा। बोले- जैन और हिंदू धर्म मिठास के समानकथा के दौरान पंडित धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने जैन और हिंदू धर्म की एकता पर विशेष जोर दिया। उन्होंने कहा कि दोनों धर्म सनातन संस्कृति की अविभाज्य परंपराएं हैं। “यदि कोई कट्टर सनातनी है, तो वह जैन ही है। जैन और हिंदू धर्म मिठास के समान हैं, जिन्हें अलग नहीं किया जा सकता।” उन्होंने मोहनखेड़ा को भगवान आदिनाथ और दादा दयालु हनुमान जी की पावन धरा बताते हुए कहा कि मध्यप्रदेश में सनातन परंपरा का व्यापक जागरण हो चुका है, जो समाज को एक सूत्र में बांध रहा है। उन्होंने क्षेत्र में हो रही गौसेवा की भी सराहना करते हुए इसे निष्ठावान और प्रेरणादायी बताया। कन्या विवाह कार्यक्रम का आमंत्रण दियापंडित धीरेंद्र शास्त्री ने 15 फरवरी को बागेश्वर धाम में आयोजित होने वाले कन्या विवाह कार्यक्रम में शामिल होने का आमंत्रण भी दिया। उन्होंने कहा कि सनातनी समाज की एकजुटता ही सबसे बड़ी शक्ति है। साथ ही स्पष्ट किया कि भारत में लव जिहाद, लैंड जिहाद और धर्मांतरण को किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं किया जाएगा। समाज को जागरूक करने के लिए देशभर में कथाएं और भंडारे आयोजित किए जा रहे हैं। इस अवसर पर क्षेत्रीय विधायक प्रताप ग्रेवाल, अन्य जनप्रतिनिधि, समाज के प्रतिनिधि एवं बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे।
रीवा के श्याम शाह मेडिकल कॉलेज में रैगिंग को लेकर शुरू हुआ विवाद सोमवार को हिंसक संघर्ष में बदल गया। यूजी हॉस्टल से शुरू हुई मारपीट संजय गांधी अस्पताल की इमरजेंसी तक पहुंच गई, जहां गंभीर मरीजों और उनके परिजनों के बीच छात्रों ने एक-दूसरे को दौड़ा-दौड़ाकर पीटा। घटना के वीडियो सोमवार रात सामने आए हैं। जानकारी के अनुसार, सोमवार दोपहर यूजी हॉस्टल में सीनियर छात्रों ने फ्रेशर्स की रैगिंग शुरू की। जूनियर छात्रों के विरोध करने पर विवाद बढ़ गया और हाथापाई शुरू हो गई। आरोप है कि सीनियर छात्रों ने हॉस्टल में रखी लाठियों और बेल्ट से हमला किया। इस मारपीट में करीब आधा दर्जन जूनियर छात्र घायल हो गए, जिनके सिर फूटे हैं। इमरजेंसी वार्ड और गलियारों में भी मारपीटघायल छात्रों को संजय गांधी अस्पताल के आकस्मिक वार्ड में भर्ती कराया गया। शाम होते-होते अस्पताल में दोनों गुट आमने-सामने आ गए और इमरजेंसी वार्ड व गलियारों में फिर से हिंसा शुरू हो गई। छात्रों ने अस्पताल परिसर में एक-दूसरे का पीछा कर लात-घूंसे और डंडों से पिटाई की। देखिए तस्वीरें मरीज और परिजनों को भागना पड़ाप्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, उस समय इमरजेंसी वार्ड में सैकड़ों गंभीर मरीज और उनके परिजन मौजूद थे, जिन्हें इलाज छोड़कर इधर-उधर भागना पड़ा। आरोप है कि मौके पर तैनात सुरक्षा कर्मी भी हस्तक्षेप नहीं कर पाए। डीन मौके पर पहुंचे, कार्रवाई का दिलाया भरोसाघटना की सूचना मिलते ही श्याम शाह मेडिकल कॉलेज के डीन डॉ. सुनील अग्रवाल मौके पर पहुंचे और जूनियर छात्रों की शिकायत सुनकर दोषियों पर कार्रवाई का भरोसा दिलाया। वहीं, संजय गांधी अस्पताल की सीएमओ डॉ. इशिता अग्रवाल ने कहा कि अस्पताल परिसर में हुई मारपीट गंभीर मामला है और नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। पहले भी हुए रैगिंग के लेकर विवाद गौरतलब है कि मेडिकल कॉलेज में पहले भी रैगिंग को लेकर विवाद और मारपीट के आरोप लगते रहे हैं। हर बार कार्रवाई के आश्वासन के बाद मामला शांत हो जाता है। इस बार सवाल यह उठ रहा है कि जब अस्पताल की इमरजेंसी जैसे संवेदनशील स्थान पर हिंसा हुई, तो मरीजों की सुरक्षा की जिम्मेदारी किसकी थी?
वित्त मंत्री हरपाल चीमा के हलके में एक ही गांव के लड़का-लड़की ने आपस में शादी कर दी। दो महीने से लड़का-लड़की गांव में ही रह रहे हैं। पंचायत व पूरा गांव उन्हें गांव से बाहर जाने को कह रहा है। जब वो गांव छोड़कर नहीं गए तो पंचायत ने उनका बायकॉट करने का फैसला कर दिया। रोगला गांव की पंचायत ने नवंबर महीने में एक प्रस्ताव पास किया था कि अगर गांव के लड़के व लड़की ने आपस में शादी की तो उन्हें गांव से निकाल दिया जाएगा। पंचायत के प्रस्ताव के बाद एक लड़के व लड़की ने शादी कर दी। पंचायत उन्हें गांव से जाने को कहती रही लेकिन वो जिद पर अड़े रहे और उन्होंने गांव नहीं छोड़ा। गांव वालों का तर्क है कि प्रस्ताव पास होने के बाद जब उन्होंने शादी की थी तो उसी दिन उनको गांव छोड़ने काे कहा गया। दोनों ने मान लिया था कि वो एक दो दिन में गांव छोड़कर चले जाएंगे लेकिन वो अभी यहीं पर जमे हुए हैं। गांव की सरपंच मनप्रीत कौर के पति गुरप्रीत सिंह का कहना है कि गांव के लोगों ने सार्वजनिक मीटिंग करके अब उनके बायकॉट का फैसला किया है। इसके अलावा पंचायत दोनों के खिलाफ प्रशासनिक स्तर पर भी शिकायत करेगा। उनका कहना है कि ऐसा करने से गांव का माहौल खराब होता है। लड़की के माता पिता की हो गई मौत गांव के लोगों का तर्क है कि जब इन दोनों ने शादी की उसके बाद गम में लड़की के माता पिता दोनों की मौत हो गई। लोगों का कहना है कि लड़की को तब भी इस बात का पछतावा नहीं हुआ कि उसकी वजह से उसके माता पिता की मौत हो गई। पंचायत के दौरान ग्रामीणों का कहना है कि लड़का व लड़की अलग अलग बिरादरी से संबंध रखते हैं। ऐसे में गांव में दो बिरादरियों का आपस में टकराव हो सकता है। उन्होंने प्रशासन से अपील की है कि इस मामले को हल करवाया जाए। गांव में कोई उनके साथ नहीं रखेगा संबंध गुरप्रीत सिंह ने बताया कि गांव की पंचायत ने सार्वजनिक बैठक में फैसला किया कि उनके साथ पूरा गांव कोई संबंध नहीं रखेगा। गांव के लोग उनको अपने किसी कार्यक्रम में नहीं बुलाएंगे और उनके सुख दुख में शामिल नहीं होंगे। गुरप्रीत सिंह ने बताया कि उनके गांव में अलग अलग विरादरी के लोग आपस में मिलजुल कर रहते हैं। गांव में माहौल खराब न हो और सामाजिक सौहार्द बना रहे इसके लिए पंचायत ने सर्व सम्मति से प्रस्ताव पास किया था। उस प्रस्ताव में गांव की हर विरादरी के लोगों की सहमित दर्ज थी। पंचायत सदस्य बलकार सिंह का कहना है कि इस तरह के कार्यों से गांव का माहौल खराब होता है। बलकार सिंह ने कहा कि लड़का व लड़की पक्ष गांव में ही होने पर आपस में दोनों बिरादरियों में टकराव का खतरा बना रहता है। उन्होंने कहा कि दोनों गांव से बाहर जाकर रहें किसी को कोई एतराज नहीं है।
उमरिया के बांधवगढ़ टाइगर रिजर्व से एक बाघिन को राजस्थान के मुकुंदरा टाइगर रिजर्व भेजने की तैयारी शुरू हो गई है। इसी सिलसिले में सोमवार को गुरुवाही हेलीपैड पर इंडियन एयर फोर्स का एक हेलीकॉप्टर ट्रायल के लिए पहुंचा। जैसे ही एयरफोर्स का हेलीकॉप्टर लैंड हुआ, बांधवगढ़ की रेस्क्यू टीम तुरंत वहां पहुंच गई। इस दौरान हेलीकॉप्टर देखने के लिए आसपास के ग्रामीणों की भी काफी भीड़ जमा हो गई। अधिकारियों ने बाघिन को ले जाने से जुड़ी सभी तैयारियों का बारीकी से जायजा लिया। मुकुंदरा भेजी जाएगी बाघिन बांधवगढ़ के क्षेत्र संचालक अनुपम सहाय ने बताया कि यह ट्रायल बाघिन को राजस्थान शिफ्ट करने के लिए किया गया है। जल्द ही चिन्हित की गई बाघिन को रेस्क्यू किया जाएगा और फिर उसे सुरक्षित तरीके से मुकुंदरा टाइगर रिजर्व भेजा जाएगा। फिलहाल, वन विभाग और संबंधित एजेंसियां इस पूरी शिफ्टिंग प्रोसेस को सही तरीके से पूरा करने में जुटी हुई हैं।
कटिहार के कोढ़ा थाना क्षेत्र में रविवार देर रात हुए सड़क हादसे में 25 वर्षीय युवक सोनू कुमार सिंह की मौत हो गई। यह हादसा उस समय हुआ, जब उनके घर में शादी की तैयारियां चल रही थीं। 19 फरवरी को सोनू की शादी तय थी और सोमवार को ही फलदान का कार्यक्रम आयोजित होना था, लेकिन किस्मत को कुछ और ही मंजूर था। सड़क पार करते समय तेज रफ्तार बाइक ने मारी टक्कर परिजनों के अनुसार, सोनू कुमार सिंह रविवार रात चेथरिया पीर गए थे। वहां से लौटते समय जब वे पैदल सड़क पार कर अपने घर की ओर जा रहे थे, तभी तेज रफ्तार अपाची बाइक पर सवार दो युवकों ने उन्हें जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि सोनू की मौके पर ही मौत हो गई। हादसे के बाद बाइक सवार युवक मौके से फरार हो गए। घटना के बाद की देखें PHOTOS … कपड़े- सेहरा सब तैयार, फलदान को उठी अर्थी मृतक सोनू कुमार सिंह पूर्णिया के सत कुदरिया में 19 फरवरी को विवाह करने वाले थे। घर में शादी की सभी तैयारियां पूरी हो चुकी थीं। दूल्हे के कपड़े, सेहरा और अन्य सामान खरीद लिए गए थे। रिश्तेदारों को न्योता भेजा जा चुका था और घर में खुशियों का माहौल था। लेकिन सोमवार, 2 फरवरी को जहां फलदान होना था, उसी दिन घर से सोनू की अर्थी उठी। सोनू अपने दो भाइयों और दो बहनों में सबसे बड़े थे। परिवार की पूरी जिम्मेदारी उन्हीं के कंधों पर थी। पिता भूट्टन सिंह ने बताया कि सोनू ही परिवार का सहारा था। उसकी कमाई से ही घर चलता था और उसी से परिवार को भविष्य की उम्मीदें थीं। चाचा बाले- शादी के कार्ड बंट चुके,रिश्तेदार आने की तैयारी में मृतक के चाचा गोपाल सिंह ने बताया कि फलदान की तारीख पहले से तय थी। शादी के कार्ड बंट चुके थे और रिश्तेदारों के आने की तैयारी थी, लेकिन एक हादसे ने पूरे परिवार को तबाह कर दिया। उन्होंने कहा, “जिस दिन खुशियां मननी थीं, उसी दिन चिता जलानी पड़ी।” मां बाली- अब हम किसके लिए जिएंगे, किसकी बारात जाएगी सबसे हृदयविदारक दृश्य सोनू की मां का है, जिनका रो-रोकर बुरा हाल है। वे बार-बार यही कहती रहीं “बेटा दुल्हन लाने से पहले ही तू क्यों चला गया? अब हम किसके लिए जिएंगे? जिसके लिए सब कुछ खरीदा था, वही दूल्हा नहीं रहा तो बारात किसकी जाएगी?” पूरे गांव में मातमी सन्नाटा, हर आंख नम घर में रखे शादी के कपड़े, सेहरा और अन्य सामान अब परिवार के जख्मों को और गहरा कर रहे हैं। पूरे गांव में मातमी सन्नाटा पसरा हुआ है। हर आंख नम है और हर जुबान पर एक ही सवाल है कि तेज रफ्तार और लापरवाही आखिर कब तक जिंदगियां लीलती रहेगी? फिलहाल पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और अज्ञात बाइक सवारों की तलाश शुरू कर दी है। मामले की जांच जारी है। हालांकि, एक खुशहाल परिवार की उजड़ी दुनिया को अब कोई लौटा नहीं सकता। थानाध्यक्ष बोले- बाइक की टक्कर से हुई मौत, मामला दर्ज कूड़ा थानाध्यक्ष सुजीत कुमार ने बताया कि रात को ITBP केंद्र के पास की घटना है। घायल युवक को PSC लाया गया, जहां इलाज दौरान डॉक्टर ने उसे मृत घोषित कर दिया । मृतक की शिनाख्त आज सूबह हुई। जिसके बाद 12:00 बजे के बाद पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया था। मृतक के परिजन के द्वारा लिखित शिकायत मिलने के बाद मामला को दर्द किया गया है
शिवपुरी जिले के पिछोर थाना क्षेत्र में दोस्तों ने ही दोस्त की हत्या कर दी। जन्मदिन की पार्टी के बाद शराब के नशे में हुए विवाद में दो युवकों ने अपने साथी की जान ले ली। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए सोमवार (2 फरवरी) को दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। यह घटना 31 जनवरी की रात की है। मृतक राजन उर्फ राजेंद्र वंशकार अपने दोस्तों भज्जू उर्फ भगवानदास वंशकार और नरेंद्र पाल के साथ एक पार्टी में शामिल हुआ था। शराब पीने के दौरान उनके बीच विवाद शुरू हो गया, जो बाद में रास्ते में और बढ़ गया। सड़क किनारे मिला शव, पत्थर से कुचला गया गुस्से में आकर दोनों आरोपियों ने राजन पर पत्थर से हमला कर दिया। इस हमले में राजन की मौत हो गई। अगले दिन सुबह सड़क किनारे राजन का शव मिला, जिसे पत्थर से कुचला गया था। इस घटना से इलाके में सनसनी फैल गई। विभिन्न धाराओं में केस दर्ज पुलिस ने अपराध क्रमांक 47/26 के तहत बीएनएस की धारा 103(1), 3(5) और एससी/एसटी एक्ट के तहत मामला दर्ज किया है। पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर सोमवार को दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया गया।
सिरसा जिले के रानियां के केहरवाला से मत्तुवाला रोड पर आज शाम एक सड़क हादसे में दो बाइक सवार गंभीर रूप से घायल हो गए। यह घटना लगभग चार बजे के आसपास हुई, जब एक बाइक पेड़ से जा टकराई। मामले की सूचना पाकर मौके पर पहुंची पुलिस ने दोनों घायल युवकों को तुरंत अस्पताल में भर्ती कराया, जहां उनका इलाज जारी है। नशे में धुत होने से बाइक हुई बेकाबू जानकारी के अनुसार, बाइक सवार नशे में धुत थे और उन्होंने सड़क पर नियंत्रण खो दिया। इसी कारण बाइक सड़क किनारे एक पेड़ से टकरा गई। टक्कर इतनी भीषण थी कि दोनों बाइक सवार मौके पर ही बाइक से नीचे गिर गए और गंभीर रूप से घायल हो गए। बाइक पर अभी नंबर प्लेट भी नहीं थी क्षतिग्रस्त हुई बाइक प्लेटिना सीटी 100 मॉडल की थी, जिसे हाल ही में खरीदा गया था और उस पर अभी नंबर प्लेट भी नहीं लगी थी। घटना की सूचना मिलते ही करीवाला चौकी की डायल 112 टीम मौके पर पहुंची। टीम ने दारेवाला के दोनों घायल युवकों को तुरंत अस्पताल में भर्ती कराया, जहां उनका इलाज जारी है।
लुधियाना के डाबा इलाके में सोमवार देर शाम एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई। यहां स्थित सरकारी फ्लैट की चौथी मंजिल से गिरकर एक युवक की संदिग्ध मौत हो गई। मृतक की पहचान काकू के रूप में हुई है। मृतक की मां राजेश्वरी ने बताया कि शाम का वक्त था। काकू छत पर सूखे हुए कपड़े उतारने के लिए गया था। परिवार के बाकी सदस्य नीचे अपना काम कर रहे थे। तभी अचानक जोर से कुछ गिरने की आवाज आई। जब परिजन बदहवास होकर बाहर भागे तो देखा कि काकू लहूलुहान हालत में जमीन पर पड़ा था। उसे तुरंत निजी अस्पताल ले जाया गया लेकिन सिर और शरीर पर गंभीर चोटें होने के कारण डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। पत्नी बोली- काम से लौटे तब गुस्से में थे हादसे के वक्त घर में मौजूद काकू की पत्नी ज्योति का रो-रोकर बुरा हाल है। उन्होंने बताया कि उनकी शादी को अभी महज 8 महीने ही हुए थे। पत्नी के अनुसार आज जब वह काम से घर लौटे तो काफी गुस्से में लग रहे थे। इसके बाद वह चौथी मंजिल पर कपड़े लेने चले गए। मैं नीचे कमरे में ही थी कि तभी बाहर शोर मचा कि काकू नीचे गिर गया है। जानकारी देते हुए SHO थाना डाबा ने कहा जानकारी मिली है कि युवक की चौथी मंजिल से गिरने के कारण मौत हुई है। परिजनों का कहना है कि पैर फिसलने की वजह से यह हादसा हुआ। फिलहाल शव को कब्जे में लेकर परिजनों के बयानों के आधार पर धारा 174 की कार्रवाई की जा रही है। लेकिन डाबा पुलिस मामले की हर पहलू से जांच कर रही है। हालांकि प्राथमिक तौर पर इसे एक दुर्घटना माना जा रहा है लेकिन पुलिस यह भी पता लगाने की कोशिश कर रही है कि क्या गुस्से की वजह से संतुलन बिगड़ा या कोई अन्य कारण था।
सिवान नगर थाना क्षेत्र के निराला नगर मोहल्ला स्थित गली नंबर 11 में चोरों ने एक बंद घर को निशाना बनाते हुए बड़ी चोरी की वारदात को अंजाम दिया है। चोरों ने वेंटीलेटर के रास्ते घर में घुसकर नकद रुपये और बहुमूल्य आभूषणों की चोरी कर ली। पीड़ित परिवार के अनुसार चोरी गई संपत्ति की कीमत करीब 20 लाख रुपये के बीच बताई जा रही है। घटना के बाद इलाके में दहशत का माहौल है। जानकारी के अनुसार निराला नगर मोहल्ले के निवासी उमा प्रसाद सोनी के मकान में उनके तीन पुत्र राजा सोनी, धर्मेंद्र सोनी और संतोष सोनी अपने-अपने परिवार के साथ रहते हैं। रविवार को पूरा परिवार छपरा में अपनी भगिनी के सगाई समारोह में शामिल होने के लिए घर बंद कर बाहर गया हुआ था। सोमवार को जब परिवार अमरपाली एक्सप्रेस से सीवान लौटकर अपने घर पहुंचा तो चोरी की जानकारी हुई। अलमारियां टूटी, सामान गायबपीड़ित राजा सोनी ने बताया कि घर लौटने पर जब उन्होंने मुख्य दरवाजा खोला तो अंदर का सारा सामान बिखरा हुआ मिला। शुरुआत में उन्हें लगा कि शायद बिल्ली के कारण सामान अस्त-व्यस्त हो गया होगा, लेकिन जब कमरों के दरवाजे खोलकर अंदर गए तो देखा कि अलमारियां टूटी हुई हैं और उनमें रखा सारा सामान गायब है। इसके बाद पूरे घर की जांच की गई, जिसमें नकद रुपये और सोने-चांदी के गहनों की चोरी की पुष्टि हुई। जांच के दौरान यह सामने आया कि चोर वेंटीलेटर के रास्ते घर के अंदर दाखिल हुए थे और तीनों भाइयों के कमरों की अलमारियां तोड़कर कीमती सामान लेकर फरार हो गए। पीड़ित परिवार का कहना है कि तीनों भाइयों की पत्नियों के गहने, नगद रुपये समेत करीब 20 लाख रुपये मूल्य की संपत्ति चोरी हुई है। सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगालनी शुरूघटना की सूचना मिलते ही नगर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और जांच-पड़ताल शुरू कर दी। पुलिस ने घर के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगालनी शुरू कर दी है ताकि चोरों की पहचान की जा सके। वहीं, इस घटना के बाद मोहल्ले के लोगों में भय का माहौल है। स्थानीय निवासियों ने इलाके में पुलिस गश्ती बढ़ाने और चोरी की घटनाओं पर रोक लगाने की मांग की है। इस संबंध में नगर थाना प्रभारी अविनाश कुमार ने बताया कि घटना की जानकारी मिलते ही वे स्वयं मौके पर पहुंचे और जांच की गई है। पीड़ित के आवेदन पर मामला दर्ज कर लिया गया है और आसपास के सीसीटीवी फुटेज की जांच की जा रही है। पुलिस का दावा है कि जल्द ही चोरी की इस वारदात का खुलासा किया जाएगा।
सलूंबर में जनजातीय क्षेत्रीय विकास एवं गृह रक्षा विभाग मंत्री बाबूलाल खराड़ी ने जिला कलेक्ट्रेट परिसर स्थित वीसी कक्ष में केंद्रीय बजट 2026-27 पर प्रेस वार्ता की। उज्जवल भविष्य की ठोस नींव बतायाइस दौरान मंत्री ने कहा-1 फरवरी को प्रस्तुत यह बजट केवल आंकड़ों का दस्तावेज नहीं, बल्कि हर भारतीय के सपनों, आकांक्षाओं और उज्ज्वल भविष्य की ठोस नींव रखने वाला ऐतिहासिक बजट है। मंत्री बोले-हर वर्ग होगा सशक्तमंत्री खराड़ी ने बताया-यह बजट गरीब, किसान, युवा, महिला, मध्यम वर्ग और उद्यमियों के सशक्तिकरण की स्पष्ट दिशा दिखाता है। उन्होंने इसे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के “विकसित भारत” के संकल्प को ठोस आधार प्रदान करने वाला बताया, जो भारत को आत्मनिर्भरता और वैश्विक नेतृत्व की ओर ले जाएगा। खराड़ी ने वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण द्वारा लगातार नौवीं बार बजट प्रस्तुत किए जाने को भारत के संसदीय इतिहास का गौरवपूर्ण क्षण बताया। उन्होंने कहा कि यह निरंतरता सरकार की स्पष्ट नीति, मजबूत नेतृत्व और आर्थिक स्थिरता को दर्शाती है। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के संदेश को दोहराया कि महिलाएं केवल लाभार्थी नहीं, बल्कि भारत की ग्रोथ इंजन हैं। बजट 2026-27 में महिला की गरिमा, सुरक्षा, स्वावलंबन और नेतृत्व क्षमता को केंद्र में रखा गया है। प्रत्येक जिले में महिला छात्रावास, केयरगिवर्स एवं स्वास्थ्य पेशेवरों का प्रशिक्षण, लखपति दीदी योजना का विस्तार तथा महिला उद्यमियों के लिए एसएमई ग्रोथ फंड जैसे प्रावधान महिला सशक्तिकरण को नई ऊंचाइयों पर ले जाएंगे। बजट में युवाओं के लिए शिक्षा से रोजगार तक का एक मजबूत रोडमैप प्रस्तुत किया गया है। इसमें स्किल इंडिया, डिजिटल स्किल्स, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, रोबोटिक्स और ग्रीन टेक्नोलॉजी में प्रशिक्षण, एमएसएमई ग्रोथ फंड और सेवा क्षेत्र को वैश्विक नेतृत्व देने की दिशा में ठोस कदम उठाए गए हैं। मध्यम वर्ग को बड़ी राहतखराड़ी ने कहा कि बजट में मध्यम वर्ग के हितों का विशेष ध्यान रखा गया है।स्वास्थ्य सेवाओं में राहत,दवाओं पर सीमा शुल्क में कटौती,टीडीएस प्रक्रिया का सरलीकरण और विदेश यात्रा पर टीसीएस में कमी से इस वर्ग को सीधा लाभ मिलेगा। एलआरएस के तहत विदेश शिक्षा हेतु टूर पैकेज पर टीसीएस की दर 5 प्रतिशत से घटाकर 2 प्रतिशत कर दी गई है, जिससे अभिभावकों का आर्थिक बोझ कम होगा। कृषि और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूतीकृषि क्षेत्र में ‘भारत-विस्तार’ बहुभाषीय एआई टूल के माध्यम से किसानों को क्षेत्रीय भाषाओं में तकनीकी जानकारी उपलब्ध कराई जाएगी।उच्च मूल्य फसलों को प्रोत्साहन, प्राकृतिक खेती,फसल विविधीकरण,सूक्ष्म सिंचाई,भंडारण और मूल्य संवर्धन के माध्यम से किसानों की आय बढ़ाने पर जोर दिया गया है।पशुपालन,मत्स्य पालन और सहकारिता को भी नई मजबूती मिलेगी। स्वास्थ्य क्षेत्र में ऐतिहासिक प्रावधानस्वास्थ्य सेवाओं पर चर्चा करते हुए मंत्री खराड़ी ने बताया कि आमजन पर चिकित्सा व्यय का बोझ कम करने के लिए दवाओं पर लगने वाले शुल्क में कटौती की गई है।कैंसर की 17 जीवन रक्षक दवाओं पर सीमा शुल्क शून्य किया गया है। जिला स्तर पर बायोफार्मा एवं आयुष केंद्रों की स्थापना हेतु 10 हजार करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है,जिससे सस्ती और सुलभ स्वास्थ्य सेवाएं सुनिश्चित होंगी। आत्मनिर्भर भारत की ओर निर्णायक कदमउन्होंने कहा कि सेमीकंडक्टर,केमिकल पार्क,शहरी विकास, खादी-हस्तशिल्प,रक्षा और विमानन क्षेत्र में किए गए प्रावधान भारत को आत्मनिर्भर और वैश्विक प्रतिस्पर्धा में अग्रणी बनाने की दिशा में निर्णायक साबित होंगे। विजन डॉक्यूमेंट है बजट 2026-27मंत्री बाबूलाल खराड़ी ने कहा कि यह बजट आत्मनिर्भर भारत से विकसित भारत की यात्रा को गति देने वाला विजन डॉक्यूमेंट है,जिसमें हर वर्ग का भविष्य सुरक्षित और सशक्त बनाने की स्पष्ट सोच दिखाई देती है। ये रहे मौजूदप्रेस वार्ता में जिला कलेक्टर अवधेश मीना,विधायक शांता अमृत लाल मीणा,पीआरओ पुष्पक मीणा,सूचना सहायक अमोल अहारी सहित जनप्रतिनिधि एवं बड़ी संख्या में मीडियाकर्मी उपस्थित रहे।
सहरसा के नया बाजार में 'लोक स्वास्थ्य सुविधा फाउंडेशन' पर अवैध बहाली के नाम पर 7,500 रुपये वसूलने का आरोप लगा है। सोमवार शाम सिविल सर्जन से इसकी शिकायत की गई। सिविल सर्जन डॉ. राजनारायण प्रसाद ने इस मामले में जांच और कार्रवाई का आश्वासन दिया है। चंद्रायान गांव की निवासी नेहा कुमारी ने बताया कि फाउंडेशन 'स्वास्थ्य मित्र' के पद पर बहाली कर रहा है। उन्हें बताया गया कि इन स्वास्थ्य मित्रों को राज्य सरकार की स्वास्थ्य संबंधी योजनाओं की जानकारी पंचायत के लोगों तक पहुंचानी होगी। नेहा के अनुसार, बहाली के नाम पर उनसे 7,500 रुपये नकद मांगे गए, लेकिन कोई रसीद नहीं दी गई। इस संबंध में 'लोक स्वास्थ्य सुविधा फाउंडेशन' के कर्मी राजेश कुमार राघव ने बताया कि वे स्वास्थ्य उन्मूलन पर एक कार्यक्रम चला रहे हैं। इसके तहत सहरसा जिले की 131 पंचायतों के विभिन्न वार्डों में स्वास्थ्य मित्रों की बहाली की जा रही है। उन्होंने दावा किया कि अब तक 22 लोगों को नियुक्त किया जा चुका है और फाउंडेशन के नियमों के अनुसार 7,500 रुपये 'सिक्योरिटी मनी' के तौर पर लिए जा रहे हैं। हालांकि, सिविल सर्जन डॉ. राजनारायण प्रसाद ने स्पष्ट किया कि सरकार के स्तर पर किसी भी तरह की ऐसी बहाली नहीं की जा रही है। उन्होंने कहा कि यदि कोई फाउंडेशन इस तरह से अवैध उगाही कर रहा है, तो इसकी गहन जांच की जाएगी और जांच के बाद आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।
झुंझुनूं में जिला कलेक्टर डॉ. अरुण गर्ग ने चिकित्सा कर्मियों की लेटलतीफी पर कड़ा रुख अपनाया है। उन्होंने सोमवार को कलेक्ट्रेट सभागार में जिला स्वास्थ्य समिति की मासिक बैठक ली। इसमें चेतावनी दी कि चिकित्सा संस्थानों में समय की पाबंदी और मरीजों को दी जाने वाली सुविधाओं में किसी प्रकार की लापरवाही की तो कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने पीएमओ को पाबंद किया कि वे रोज सुबह 9:15 बजे तक सभी चिकित्सकों और स्टाफ की उपस्थिति की फोटो अनिवार्य रूप से कलेक्टर को भिजवाएं। सीएमएचओ को निर्देश दिए गए कि वे अन्य सभी फील्ड अस्पतालों और स्वास्थ्य केंद्रों के स्टाफ की उपस्थिति फोटो भी इसी समय सीमा के भीतर प्राप्त कर रिपोर्ट करें। कलेक्टर ने कहा कि उपस्थिति को लेकर किसी भी स्तर पर लापरवाही पर संबंधित के खिलाफ तत्काल अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी। बकाया आभा आईडी का काम तेजी से पूरा करने के निर्देशकलेक्टर ने स्वास्थ्य सेवाओं के डिजिटलीकरण पर जोर देते हुए निर्देश दिए कि बकाया आभा आईडी (ABHA ID) बनाने का काम शीघ्र किया जाए। सभी अस्पतालों में क्यूआर कोड (QR Code) प्रदर्शित करने के निर्देश दिए, जिससे मरीज आसानी से अपनी आईडी बना सकें और उसी से पर्ची कटवा सकें। जननी शिशु सुरक्षा कार्यक्रम की समीक्षा करते हुए उन्होंने परिवहन राशि के भुगतान की जानकारी ली। सीएमएचओ डॉ. छोटेलाल गुर्जर ने बताया कि जिले में प्रसूताओं को दूरी के अनुसार (125 रुपए से लेकर 7 रुपए प्रति किमी तक) परिवहन राशि का भुगतान सुचारू रूप से किया जा रहा है। भ्रूण परीक्षण के खिलाफ ‘जीरो टॉलरेंस’लिंगानुपात में सुधार के लिए कलेक्टर ने पीसीपीएनडीटी (PCPNDT) एक्ट के तहत कड़ी निगरानी रखने के निर्देश दिए। उन्होंने अधिकारियों को 'मुखबिर योजना' का व्यापक प्रचार करने और संदिग्ध केंद्रों पर डिकॉय ऑपरेशन करने की जिम्मेदारी सौंपी। योजनाओं की पेंडेंसी पर 3 दिन का अल्टीमेटमबैठक में सीएमएचओ डॉ. गुर्जर ने मुख्यमंत्री आयुष्मान आरोग्य योजना और लाडो प्रोत्साहन योजना की समीक्षा की। उन्होंने उन संस्थानों को फटकार लगाई, जहां टीआईडी (TID) बुकिंग कम है। साथ ही जेएसवाई (JSY) और लाडो प्रोत्साहन योजना के अटके हुए भुगतानों को मात्र 3 दिन के भीतर दस्तावेज़ पूरे कर निस्तारित करने का अल्टीमेटम दिया गया। टीबी मुक्त भारत अभियान का आगाजडीटीओ डॉ. विजय मांजू ने बताया कि 1 फरवरी से जिले में टीबी मुक्त भारत अभियान शुरू हो चुका है। इसके तहत पोर्टेबल एक्स-रे मशीनों के जरिए अधिक से अधिक स्क्रीनिंग करने का लक्ष्य रखा गया है। बैठक में ये रहे मौजूदबैठक में आरसीएचओ डॉ. दयानंद सिंह, डिप्टी सीएमएचओ डॉ. भंवर लाल सर्वा, डॉ. अरुण अग्रवाल, डीपीसी डॉ. जितेंद्र सिंह, बीडीके अस्पताल पीएमओ डॉ. जितेंद्र भांबू, नवलगढ़ पीएमओ डॉ. महेंद्र सबलानिया सहित जिले के वरिष्ठ स्वास्थ्य अधिकारी उपस्थित रहे।
सहरसा पुलिस ने प्रतिबंधित कोडीन युक्त कफ सिरप की बड़ी खेप जब्त की है। बनमा ईटहरी थाना पुलिस ने एक टाटा टियागो कार से 107.3 लीटर कफ सिरप बरामद किया और इस मामले में चार तस्करों को गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई गुप्त सूचना के आधार पर की गई। पुलिस ने गिरफ्तार तस्करों के पास से 107.3 लीटर कोरेक्स कफ सिरप और एक मोबाइल फोन भी जब्त किया है। बख्तियारपुर एसडीपीओ मुकेश कुमार ठाकुर ने इस संबंध में जानकारी दी। थानाध्यक्ष खुशबू कुमारी को गुप्त सूचना मिलीपुलिस अधीक्षक के निर्देश पर जिले में नशीले पदार्थों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत बनमा ईटहरी थानाध्यक्ष खुशबू कुमारी को गुप्त सूचना मिली थी। सूचना के अनुसार, एक सफेद रंग की कार से कुछ लोग प्रतिबंधित कफ सिरप लेकर परसाहा होते हुए सोनवर्षा राज की ओर जा रहे थे। इसके बाद, पुलिस ने परसाहा मेन रोड पर वाहन चेकिंग अभियान चलाया। माठा मोड़ की तरफ से आ रही सफेद रंग की टाटा टियागो कार को संदेह के आधार पर रोका गया। तलाशी के दौरान कार के अंदर बोरों में छिपाकर रखी गई कफ सिरप की बोतलें बरामद हुईं। संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर लियापुलिस ने मौके से जिन चार तस्करों को गिरफ्तार किया है, उनकी पहचान मनीष कुमार, अजय कुमार, पिन्टू कुमार और हरिबोल कुमार के रूप में हुई है। सभी आरोपियों के खिलाफ बनमा ईटहरी थाना में बिहार मद्यनिषेध एवं उत्पाद अधिनियम की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर लिया गया है। छापेमारी दल का नेतृत्व थानाध्यक्ष खुशबू कुमारी कर रही थीं, जिसमें पीएसआई हसीन अहमद, रवि कुमार, आभा कुमारी और डीआईयू की टीम शामिल थी।
उज्जैन में 15 फरवरी माह महाशिवरात्रि से 19 मार्च गुड़ी पड़वा तक व्यापार मेला लगाया जाएगा। मेले की सुरक्षा को देखते हुए सम्पूर्ण मेला क्षेत्र का 20 करोड़ का सुरक्षा बीमा नगर निगम द्वारा करवाया जाएगा। इसको लेकर सोमवार को एक बैठक आयोजित की जाएगी। सोमवार को निगम आयुक्त अभिलाष मिश्रा द्वारा निगम अधिकारियों के साथ व्यापार मेले आयोजन को लेकर समीक्षा बैठक की गई। निगम आयुक्त अभिलाष मिश्रा ने बताया कि वर्तमान में टेंडर प्रक्रिया पूर्ण हो चुकी है। फरवरी माह में 15 तारीख महाशिवरात्रि पर्व से 19 मार्च गुड़ी पड़वा तक प्रस्तावित व्यापार मेले में नगर निगम द्वारा व्यवस्थाएं और सुरक्षा का पूरा ध्यान रखने के निर्दश दिए है। इसके लिए मेले का लेआउट डालने का कार्य, शौचालय की व्यवस्था, प्रकाश व्यवस्था, साफ-सफाई, सिविल वर्क, कंट्रोल रूम, इत्यादि जो भी व्यवस्थाएं समय पूर्व करने को कहा है। उत्सव के दौरान 13 से 17 मार्च तक पौराणिक फिल्मों का अंतर्राष्ट्रीय महोत्सव होगा। 17 और 18 मार्च को 'महाकाल पृथ्वी का समय' विषय पर एक शोध संगोष्ठी आयोजित की जाएगी।19 मार्च को सृष्टि आरंभ दिवस नववर्ष प्रतिपदा के अवसर पर उज्जैन का गौरव दिवस मनाया जाएगा। इस दिन प्रातःकाल रामघाट और दत्त अखाड़ा घाट पर सूर्योपासना की जाएगी। प्रदेश के सभी जिलों में भी विक्रमोत्सव का आयोजन किया जाएगा। विक्रमोत्सव का मुख्य समापन कार्यक्रम 19 मार्च को शाम 7 बजे शिप्रा नदी के तट पर आयोजित होगा। इस समारोह में सम्राट विक्रमादित्य अलंकरण प्रदान किए जाएंगे तथा विक्रम पंचांग 2082-83 और आर्ष भारत के द्वितीय संस्करण का लोकार्पण किया जाएगा। सुप्रसिद्ध कलाकार सोनू निगम अपनी सांगीतिक प्रस्तुतियां देंगे। रामघाट पर भव्य आतिशबाजी भी की जाएगी
मेरठ महापौर हरिकांत आहलूवालिया के कैंप कार्यालय पर सोमवार को हाउस टैक्स में गड़बड़ी और अनियमितता को लेकर बड़ी संख्या में लोग पहुंचे और हंगामा किया। इसके बाद महापौर ने नगर आयुक्त, मुख्य कर निर्धारक, अपर नगर आयुक्त को कार्यालय बुलाया और निस्तारण किया। सही मिले दोनों बिलमहापौर हरिकांत अहलुवालिया ने बताया कि जब निगम के अधिकारी कार्यालय पर पहुंचे उस समय केवल दो लोगों ने अपने बिल की समस्या बताई। दोनों की मौके पर उनके सामने ही जांच हुई जिसमें अब कुछ ठीक मिला, इस बात से वे भी सहमत हुए। इसके साथ ही अन्य समस्या भी सुनी गई ओर जनता के सामने ही तत्काल निस्तारण किया गया। जनता परेशान तुम दफ्तर में क्योंवार्ड 2 से कुछ महिलाएं भी अपने क्षेत्र में जल भराव की समस्या को लेकर पहुंची तो महापौर ने उनके सामने ही जेई को फोन कर फटकार लगाई। उन्होंने साफ तौर पर बोला कि अगर जनता परेशान है तो तुम दफ्तर में नहीं उनके बीच पहुंच जाओ। इसके साथ ही तत्काल जल निकासी की व्यवस्था करने के भी आदेश दिए। सरकार के अधीन है निगममहापौर ने कहा कि जो लोग आए थे उन्होंने कुछ ऐसे भी नियम लागू करने की बात कही जो हम स्वयं नहीं कर सकते है। निगम भी सरकार के अधीन है, जैसे नियम अन्य जिलों के निगम में हैं वैसा ही यहां भी है।इसलिए हम अपनी और से सरकार द्वारा जारी आदेश में दखल नहीं दे सकते है। महापौर की कार से घर गये फरियादीशहर के जो फरियादी खास तौर पर महिलाएं महापौर कार्यालय पर पहुंची थी उनकी समस्या सुनने के बाद महापौर ने उनको अपनी सरकारी गाड़ी से अपने घर भिजवाया। उनको आश्वाशन दिया कि जल्द से जल्द आपकी समस्या का समाधान हो जाएगा।
गयाजी में माघ पूर्णिमा के मौके पर गंगा स्नान की आस्था शोक में बदल गई। पटना के दीघा थाना क्षेत्र स्थित पाटीपुल घाट पर स्नान के दौरान चाकंद थाना क्षेत्र के पांचूबिगहा गांव के दो लोग लापता है। पांचूबिगहा निवासी धनंजय यादव (27), पिता रामगन यादव और रविन्द्र यादव (46), पिता स्वर्गीय जुदागर यादव, गांव के करीब बीस लोगों के साथ माघ पूर्णिमा पर गंगा स्नान के लिए पटना पहुंचे थे। स्नान के दौरान पाटीपुल घाट पर दोनों का संतुलन बिगड़ा और वे गंगा की तेज धारा में समा गए। साथ आए लोगों ने शोर मचाया, लेकिन पल भर में दोनों वहां मौजूद लोगों की आंखों से ओझल हो गए। एसडीआरएफ की टीम ने सर्च ऑपरेशन शुरू की घटना के बाद घाट पर अफरा-तफरी मच गई। सूचना मिलते ही दीघा थाना की पुलिस मौके पर पहुंची। एसडीआरएफ की टीम ने सर्च ऑपरेशन शुरू किया। घंटों तक नदी में तलाश जारी रही, लेकिन देर शाम तक कोई सुराग हाथ नहीं लगा। परिजन पटना में ही डटे हुए हैं और हर संभावित जगह पर खोज की उम्मीद लगाए बैठे हैं। पांचूबिगहा गांव में दोनों परिवारों के घरों पर लोगों का आना-जाना लगा हुआ है। महिलाओं का रोना-पीटना थम नहीं रहा। ग्रामीणों ने प्रशासन से खोज अभियान और तेज करने, गोताखोरों की संख्या बढ़ाने और पीड़ित परिवारों को तत्काल सहायता देने की मांग की है।
भोपाल के करीब 25 इलाकों में मंगलवार को 5 से 7 घंटे तक बिजली कटौती होगी। इन इलाकों में बिजली कंपनी मेंटेनेंस करेगी। इसके चलते सप्लाई पर असर पड़ेगा। जिन इलाकों में बिजली बंद रहेगी, उनमें मिनाल, चाणक्यपुरी, जेके रोड, नरेला शंकरी, छत्रसाल नगर समेत कई बड़े इलाके भी शामिल हैं। ऐसे में बिजली संबंधित जरूरी काम पहले से निपटा लें। ताकि परेशानी का सामना न करना पड़े। इन इलाकों में पड़ेगा असर
कोटा के तनावग्रस्त इलाकों में पुलिस-RAF का फ्लैग मार्च:संदिग्ध स्थानों पर दबिश दी
कोटा शहर में कानून व्यवस्था बनाए रखने और शांति व्यवस्था के उद्देश्य से पुलिस और द्रुत कार्य बल (RAF) ने संयुक्त रूप से फ्लैग मार्च निकाला। कोटा एसपी तेजस्वनी गौतम ने बताया- 83वीं बटालियन द्रुत कार्य बल (RAF) जयपुर कंपनी के कोटा प्रवास के दौरान परिचय अभ्यास के तहत सोमवार को यह फ्लैग मार्च आयोजित किया गया। फ्लैग मार्च थाना कोतवाली, मकबरा और कैथुनीपोल के मिश्रित आबादी वाले, साम्प्रदायिक रूप से तनावग्रस्त और संवेदनशील इलाकों में निकाला गया। डीएसपी लोकेंद्र पालीवाल के नेतृत्व में प्रो. आईपीएस सिद्धार्थ श्रीवास्तव, थाना कोतवाली, मकबरा और कैथुनीपोल के अधिकारियों व जवानों और RAF के जवानों के साथ संयुक्त रूप से मार्च किया गया। यहां निकाला मार्च थाना कोतवाली क्षेत्र में मेगजीन स्कूल, कोर्ट के ऊपर, छोगा की बावड़ी, प्रताप चौक, कोलीपाड़ा सहित कई इलाकों में निकाला गया। थाना मकबरा क्षेत्र में विजय मार्केट, घण्टाघर, हुसैनी चौक, जामा मस्जिद, हाथीठान व पाटनपोल क्षेत्र में तथा थाना कैथुनीपोल क्षेत्र में सिंहद्वार, फर्नीचर मार्केट, श्रीपुरा चौराहा और जेपी सर्किल में फ्लैग मार्च किया गया। इस दौरान संदिग्ध स्थानों पर दबिश दी गई और संदिग्ध व्यक्तियों को पूछताछ के लिए संबंधित थानों पर भिजवाया गया।

