102 मैच, 31 दिन और 46 टीमों के बाद फुटबॉल वर्ल्ड कप 2026 को दो फाइनलिस्ट मिल गए हैं। डिफेंडिंग चैंपियन अर्जेंटीना लगातार दूसरी बार खिताबी मुकाबले में पहुंचा है, जबकि स्पेन 16 साल बाद फाइनल खेलेगा। दोनों टीमें 19 जुलाई की रात 12:30 बजे ट्रॉफी के लिए आमने-सामने होंगी। फाइनल तक पहुंचने का रास्ता दोनों टीमों के लिए आसान नहीं रहा। कहीं आखिरी मिनट में मैच पलटा, कहीं एक्स्ट्रा टाइम में जीत मिली तो कहीं गोलकीपर ने शानदार बचाव कर टीम को बाहर होने से बचाया। अर्जेंटीना और स्पेन के इस सफर में 10 खिलाड़ी ऐसे रहे, जो जीत की सबसे बड़ी वजह बने। अर्जेंटीना के टॉप-5 प्लेयर्स 1. लियोनेल मेसी, कप्तान, फॉरवर्ड 39 साल के मेसी एक बार फिर अर्जेंटीना के सबसे बड़े मैच विनर साबित हुए। ग्रुप स्टेज में अल्जीरिया के खिलाफ हैट्रिक लगाई। सेमीफाइनल में इंग्लैंड के खिलाफ टीम 85 मिनट तक 0-1 से पिछड़ रही थी, लेकिन आखिरी सात मिनट में मेसी ने दो असिस्ट देकर मैच पलट दिया। उनके नाम पूरे टूर्नामेंट में सबसे ज्यादा 8 गोल हैं। 2. एंजो फर्नांडीज, मिडफील्डर सेमीफाइनल में एंजो ने इंग्लैंड के खिलाफ 25 गज दूर से शानदार शॉट लगाकर बराबरी दिलाई। डिफेंस और अटैक के बीच तालमेल बैठाने, गेंद पर नियंत्रण रखने और खेल की रफ्तार तय करने में उनकी भूमिका बेहद अहम रही। 3. लॉटारो मार्टिनेज, स्ट्राइकर इंग्लैंड के खिलाफ सेमीफाइनल मैच 1-1 से बराबरी पर था। लॉटारो बतौर सब्स्टिट्यूट खेलने उतरे। इंजरी टाइम के दूसरे मिनट में उन्होंने हेडर से गोल कर अर्जेंटीना को लगातार दूसरे वर्ल्ड कप फाइनल में पहुंचा दिया। 4. क्रिस्टियन रोमेरो, सेंटर बैक राउंड ऑफ-16 में मिस्र के खिलाफ अर्जेंटीना 0-2 से पीछे थी। 79वें मिनट में रोमेरो ने गोल कर वापसी की शुरुआत की और अगले 13 मिनट में टीम ने तीन गोल दागकर मैच पलट दिया। डिफेंस में उनके टैकल और इंटरसेप्शन ने कई मजबूत टीमों के हमले रोके। 5. जूलियन अल्वारेज, स्ट्राइकर स्विट्जरलैंड के खिलाफ क्वार्टर फाइनल एक्स्ट्रा टाइम तक खिंच गया था। 112वें मिनट में अल्वारेज ने बॉक्स के बाहर से शानदार गोल कर अर्जेंटीना को सेमीफाइनल का टिकट दिलाया। स्पेन के 5 गेमचेंजर 1. उनाई सिमोन, गोलकीपर स्पेन के फाइनल तक पहुंचने की सबसे बड़ी वजह उसका मजबूत डिफेंस रहा और उस डिफेंस की सबसे मजबूत कड़ी गोलकीपर उनाई सिमोन रहे। उन्होंने पूरे टूर्नामेंट में सिर्फ एक गोल खाया। फ्रांस के खिलाफ सेमीफाइनल में एमबाप्पे के कई शॉट रोके। उन्होंने सभी मैच मिलाकर 609 मिनट तक गोल नहीं खाने का रिकॉर्ड भी बनाया। 2. लामिन यमाल, राइट विंगर यमाल ने अपनी स्पीड और ड्रिब्लिंग से हर मुकाबले में डिफेंडरों को परेशान किया। फ्रांस के खिलाफ सेमीफाइनल में उन्होंने बॉक्स के अंदर फाउल हासिल किया, जिस पर मिले पेनल्टी को मिकेल ओयारजाबाल ने गोल में बदला। 3. मिकेल ओयारजाबाल, स्ट्राइकर स्पेन के सबसे भरोसेमंद फिनिशर ओयारजाबाल ने सेमीफाइनल में पेनल्टी पर गोल कर टीम को शुरुआती बढ़त दिलाई। पूरे टूर्नामेंट में उन्होंने पांच गोल और एक असिस्ट किया। 4. पॉ क्यूबार्सी, डिफेंडर 19 साल के क्यूबार्सी ग्रुप स्टेज के हर मिनट मैदान पर रहने वाले इकलौते टीनएजर रहे। उन्होंने 295 में से 290 पास पूरे किए। 16 बार गेंद रिकवर की और सिर्फ एक फाउल किया। एमबाप्पे और रोनाल्डो जैसे स्टार खिलाड़ियों के खिलाफ भी उनका प्रदर्शन शानदार रहा। 5. पेड्रो पोरो, मिडफील्डर पोरो ने मिडफील्ड और अटैक के बीच सबसे मजबूत कड़ी का काम किया। छोटे-छोटे पास और बेहतरीन मूवमेंट से उन्होंने विपक्षी डिफेंस को लगातार तोड़ा। फ्रांस के खिलाफ सेमीफाइनल में दूसरा गोल कर स्पेन की फाइनल में जगह पक्की कर दी। ------------------------------------------------------- फुटबॉल वर्ल्ड कप से जुड़ी यह खबर भी पढ़िए… अर्जेंटीना फुटबॉल वर्ल्डकप फाइनल में, इंग्लैंड हारा; मेसी ने 2 गोल असिस्ट किए डिफेंडिंग चैंपियन अर्जेंटीना लगातार दूसरी बार फुटबॉल वर्ल्ड कप के फाइनल में पहुंच गया है। लियोनेल मेसी की टीम ने बुधवार रात को दूसरे सेमीफाइनल में इंग्लैंड को 2-1 से हराया। टीम 85 मिनट 0-1 से पिछड़ रही थी। उसके बाद आखिरी 7 मिनट में दो गोल दागे और जीत हासिल की। फाइनल में उसका मुकाबला 19 जुलाई को स्पेन से होगा। पढ़ें पूरी खबर
2022 वर्ल्ड कप के क्वार्टर फाइनल के बाद फ्रांस और इंग्लैंड एक बार फिर फुटबॉल वर्ल्ड कप के नॉकआउट मुकाबले में आमने-सामने होंगे। हालांकि दोनों टीमों के बीच तीसरे स्थान (ब्रॉन्ज मेडल) के लिए यह पहली भिड़ंत होगी। मियामी के हार्ड रॉक स्टेडियम में शनिवार देर रात 2:30 बजे से मुकाबला खेला जाएगा। फ्रांस तीसरी बार वर्ल्ड कप का ब्रॉन्ज मेडल जीतने उतरेगा। टीम इससे पहले 1958 और 1986 में तीसरे स्थान पर रही थी। दूसरी ओर इंग्लैंड के पास पहली बार वर्ल्ड कप में तीसरा स्थान हासिल करने का मौका होगा। फ्रांस के कोच दिदिएर डेशां का आखिरी मैच होगा। अर्जेंटीना के लियोनेल मेसी 8 गोल और 4 असिस्ट के साथ गोल्डन बूट में सबसे आगे हैं। फ्रांस के किलियन एमबाप्पे भी 8 गोल कर चुके हैं, जबकि इंग्लैंड के हैरी केन और जूड बेलिंघम के नाम 6-6 गोल हैं। ऐसे में तीनों प्लेयर्स के पास मेसी को पीछे छोड़ने का आखिरी मौका होगा। दोनों टीमों के बीच अब तक 32 मुकाबले खेले गए हैं। इनमें इंग्लैंड ने 17, जबकि फ्रांस ने 10 मैच जीते हैं और 5 मुकाबले ड्रॉ रहे। फीफा वर्ल्ड कप में दोनों टीमें चौथी बार आमने-सामने होंगी। इससे पहले 1966 और 1982 के ग्रुप स्टेज में इंग्लैंड ने जीत दर्ज की थी, जबकि 2022 के क्वार्टर फाइनल में फ्रांस ने 2-1 से इंग्लैंड को हराकर सेमीफाइनल में जगह बनाई थी। फ्रांस लगातार तीसरा वर्ल्ड कप फाइनल नहीं खेल सका फ्रांस ने इस वर्ल्ड कप के ग्रुप स्टेज में सेनेगल, इराक और नॉर्वे को हराया। इसके बाद नॉकआउट में स्वीडन, पराग्वे और मोरक्को को हराकर लगातार तीसरी बार सेमीफाइनल में जगह बनाई। हालांकि स्पेन के खिलाफ मिडफील्ड की लड़ाई हारने के कारण 0-2 से हार का सामना करना पड़ा और लगातार तीसरा वर्ल्ड कप फाइनल खेलने का सपना टूट गया। इंग्लैंड फाइनल से सिर्फ 30 मिनट दूर था इंग्लैंड ने ग्रुप स्टेज में क्रोएशिया, घाना और पनामा को पीछे छोड़ नॉकआउट में जगह बनाई। इसके बाद डीआर कांगो, मेक्सिको और नॉर्वे को हराकर सेमीफाइनल पहुंचा। अर्जेंटीना के खिलाफ एंथनी गॉर्डन के गोल से बढ़त भी बनाई, लेकिन आखिरी आधे घंटे में सिर्फ 12% बॉल पोजेशन रखने की वजह से मैच हाथ से निकल गया। अर्जेंटीना ने 2-1 से जीत गया। एमबाप्पे का अटैक Vs केन की फिनिशिंग फ्रांस की सबसे बड़ी ताकत किलियन एमबाप्पे और उस्मान डेम्बेले की जोड़ी है। एमबाप्पे इस टूर्नामेंट में 8 और डेम्बेले 5 गोल कर चुके हैं। दूसरी ओर इंग्लैंड के लिए हैरी केन और जूड बेलिंघम पर नजरें होंगी। केन 14 वर्ल्ड कप गोल के साथ रोनाल्डो की बराबरी से सिर्फ एक गोल दूर हैं, जबकि बेलिंघम ने इस वर्ल्ड कप में 6 गोल किए हैं। पॉसिबल स्टार्टिंग XI फ्रांस: माइक मैग्नन (गोलकीपर), जूल्स कौंडे, दायो उपामेकानो, विलियम सलीबा, थियो हर्नांडेज, ऑरेलियन चुआमेनी, एड्रियन रैबियो, उस्मान डेम्बेले, माइकल ओलीसे, ब्रैडली बारकोला, किलियन एमबाप्पे। इंग्लैंड: जॉर्डन पिकफोर्ड (गोलकीपर), काइल वॉकर, मार्क गुएही, लेवी कोलविल, ल्यूक शॉ, डेक्लान राइस, कोबी मैनू, बुकायो साका, जूड बेलिंघम, एंथनी गॉर्डन, हैरी केन।
भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) ने कप्तान रोहित शर्मा के संन्यास को लेकर चल रही अटकलों को खारिज कर दिया है। न्यूज एजेंसी PTI के अनुसार BCCI ने साफ कहा कि रोहित शर्मा इंग्लैंड के खिलाफ लॉर्ड्स में होने वाले तीसरे वनडे के बाद भी भारत के लिए खेलना जारी रखेंगे। पहले चर्चा थी कि 19 जुलाई को लॉर्ड्स में खेला जाने वाला तीसरा वनडे रोहित शर्मा का आखिरी अंतरराष्ट्रीय मैच हो सकता है। हालांकि, BCCI सचिव देवजीत सैकिया ने कहा कि ऐसी खबरों में कोई सच्चाई नहीं है। भारत को 2 ICC खिताब जिताए रोहित की कप्तानी में भारत 2023 वनडे वर्ल्ड कप के फाइनल तक पहुंचा। उन्होंने टीम को पहले गेंद से अटैक करने की स्ट्रैटिजी सिखाई। इससे वनडे क्रिकेट में भारत का नजरिया बदल गया। इसी टेम्पलेट पर भारत ने 2024 टी-20 वर्ल्ड कप भी जीता। फिर 2025 की चैंपियंस ट्रॉफी जीताई। बतौर कप्तान 103 मैच जीते रोहित शर्मा भारत के सबसे सफल कप्तानों में शामिल हैं। उन्होंने 2017 से 2025 के बीच तीनों फॉर्मेट मिलाकर 142 मैचों में कप्तानी की। इसमें भारत ने 103 मुकाबले जीते। वनडे में उन्होंने 56 मैचों में 42 जीत, टी-20 इंटरनेशनल में 62 मैचों में 49 जीत और टेस्ट में 24 मैचों में 12 जीत दर्ज की। उनकी कप्तानी में भारत ने 2024 टी-20 वर्ल्ड कप और 2025 चैंपियंस ट्रॉफी जीतकर दो ICC खिताब अपने नाम किए। उन्होंने भारत को 2018 और 2023 एशिया कप भी जिताया। ------------------------------------------------ क्रिकेट से जुड़ी यह खबर भी पढ़िए… रोहित-कोहली में 8 हजार वनडे रन से ज्यादा की साझेदारी; विराट ने विवियन रिचर्ड्स की बराबरी की इंग्लैंड ने दूसरे वनडे में भारत को 4 विकेट से हरा दिया। कार्डिफ के सोफिया गार्डन्स में कई रिकॉर्ड बने और दिलचस्प घटनाएं भी देखने को मिलीं। विराट ने इंग्लैंड के खिलाफ अपना 14वां 50+ स्कोर बनाकर वेस्टइंडीज के दिग्गज सर विवियन रिचर्ड्स की बराबरी कर ली। पढ़ें पूरी खबर
वेस्टइंडीज के पूर्व ऑलराउंडर सर गैरी सोबर्स का 89 साल की आयु में निधन हो गया है। एक ओवर की सभी 6 गेंदों पर 6 छक्के लगाने का पहला वर्ल्ड रिकॉर्ड उन्होंने बनाया था। उन्होंने यह कारनामा फर्स्ट-क्लास क्रिकेट में किया था। उन्होंने 1968 में नॉटिंघमशायर की तरफ से खेलते हुए ग्लेमोर्गन के खिलाफ सेंट हेलेन्स मैदान पर एक ओवर में 6 छक्के जड़े थे। 16 साल की उम्र में डेब्यू सोबर्स ने साल 1953 में 16 साल की उम्र में बारबाडोस के लिए अपना फर्स्ट-क्लास डेब्यू किया था। इसके अगले ही साल 1954 में उन्हें वेस्टइंडीज की टेस्ट टीम में शामिल कर लिया गया। साल 1958 में पाकिस्तान के खिलाफ उन्होंने अपने टेस्ट करियर का पहला शतक लगाया और नाबाद 365 रन की पारी खेली। यह टेस्ट मैच की एक पारी में किसी भी बल्लेबाज द्वारा बनाया गया सबसे बड़ा व्यक्तिगत स्कोर था, जिसे 1994 में वेस्टइंडीज के ही ब्रायन लारा ने तोड़ा। 38 साल की उम्र में लिया संन्यास सोबर्स ने साल 1974 में 38 साल की उम्र में संन्यास ले लिया था। विजडन ने 1975 में टिप्पणी की थी कि वे मानसिक और शारीरिक रूप से थक चुके थे और खेल के प्रति उनका उत्साह कम हो गया था। 93 टेस्ट मैच में 8 हजार से ज्यादा रन बनाए सर गैरी सोबर्स ने 1954 से 1974 तक वेस्टइंडीज के लिए 93 टेस्ट मैच खेले, जिसमें 57.78 की औसत से 8,032 रन बनाए और 235 विकेट लिए। अपने करियर के आखिरी दिनों में साउथ ऑस्ट्रेलिया और नॉटिंघमशायर के लिए खेलने वाले सोबर्स ने 383 फर्स्ट-क्लास मैचों में 28,000 से ज्यादा रन बनाए और 1,000 से ज्यादा विकेट चटकाए। साल 1975 में उन्हें 'नाइटहुड' (सर) की उपाधि और 2009 में ICC हॉल ऑफ फेम में शामिल किया गया।से नवाजा गया था। वैभव सूर्यवंशी ने श्रद्धांजलि दी वैभव सूर्यवंशी ने श्रद्धांजलि देते हुए लिखा, मुझे सर गैरी सोबर्स को खेलते देखने का मौका कभी नहीं मिला, लेकिन बचपन से ही अपने पिता से उनकी महानता के किस्से सुनते हुए बड़ा हुआ हूं। वह ऐसी महान शख्सियत थे, जिनका नाम पीढ़ियों तक याद रखा जाएगा। ओम शांति। --------------------- स्पोर्ट्स की यह खबर भी पढ़ें… कोहली ने विवियन रिचर्ड्स की बराबरी की:रोहित के साथ 8 हजार साझेदारी रन पूरे इंग्लैंड ने दूसरे वनडे में भारत को 4 विकेट से हरा दिया। कार्डिफ के सोफिया गार्डन्स में खेले गए इस मैच में विराट ने इंग्लैंड के खिलाफ अपना 14वां 50+ स्कोर बनाकर वेस्टइंडीज के सर विवियन रिचर्ड्स की बराबरी कर ली। पूरी खबर…
पूर्व भारतीय अंडर-19 क्रिकेटर मनजोत कालरा को श्रीलंका में गिरफ्तार किया गया है। उन पर लंका प्रीमियर लीग (LPL) में एक खिलाड़ी को रिश्वत देने का आरोप लगा है। कालरा LPL की टीम जाफना किंग्स के को-ऑनर हैं। पुलिस के मुताबिक, गिरफ्तारी टूर्नामेंट के छठे सीजन की शुरुआत से कुछ घंटे पहले की गई। 27 साल के कालरा को खेल से जुड़े अपराधों की जांच करने वाली श्रीलंका पुलिस की स्पेशल इन्वेस्टिगेशन यूनिट ने हिरासत में लिया। उन्हें मजिस्ट्रेट के सामने पेश किया गया, जहां से कोर्ट ने 31 जुलाई तक न्यायिक रिमांड पर भेज दिया। इस मामले में उनके सहयोगी युवराज पुष्पा को भी गिरफ्तार किया गया है। श्रीलंकाई खिलाड़ियों की शिकायत के बाद कार्रवाई श्रीलंकाई पुलिस के अनुसार, कालरा पर लंका प्रीमियर लीग से जुड़े एक खिलाड़ी को पैसों का लालच देने का आरोप है। जांच एजेंसियों ने बताया कि संबंधित खिलाड़ी ने करीब 10 दिन पहले हुई इस कथित पेशकश की जानकारी अधिकारियों को दी थी। कोर्ट में बताया गया कि इस मामले की शिकायत भानुका राजपक्षे, अविष्का फर्नांडो, दुनिथ वेलालागे और दो अन्य खिलाड़ियों ने दर्ज कराई है। टूर्नामेंट के पहले दिन हुई गिरफ्तारी गिरफ्तारी ऐसे समय हुई, जब कोलंबो के SSC ग्राउंड्स में जाफना किंग्स और गाले गैलेंट्स के बीच LPL 2026 का ओपनिंग मैच खेला जाना था। पांच टीमों वाला यह टूर्नामेंट 24 मैचों का है और 8 अगस्त तक चलेगा। इसी साल इससे पहले भी एक अन्य फ्रेंचाइजी मालिक को रिश्वत के आरोप मे सजा सुनाई जा चुकी है। श्रीलंका क्रिकेट बोर्ड (SLC) ने घटना का संज्ञान लेते हुए कहा कि वह जांच में पूरा सहयोग करेगा। बोर्ड ने यह भी स्पष्ट किया कि टूर्नामेंट तय कार्यक्रम के अनुसार जारी रहेगा। 2018 अंडर-19 वर्ल्ड कप फाइनल में शतक लगाया मनजोत कालरा 2018 अंडर-19 वर्ल्ड कप में भारत की खिताबी जीत के हीरो रहे थे। न्यूजीलैंड के माउंट माउंगानुई में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ खेले गए फाइनल में उन्होंने नाबाद 101 रन बनाए थे। भारत ने 217 रन का लक्ष्य 38.5 ओवर में हासिल कर चौथी बार अंडर-19 वर्ल्ड कप जीता था। उस टीम के कोच राहुल द्रविड़ और कप्तान पृथ्वी शॉ थे, जबकि शुभमन गिल, शिवम मावी, कमलेश नागरकोटी और इशान पोरेल भी उसी टीम का हिस्सा थे। IPL और घरेलू क्रिकेट में नहीं मिला मौका अंडर-19 वर्ल्ड कप में शानदार प्रदर्शन के बाद IPL 2018 के ऑक्शन में दिल्ली डेयरडेविल्स (अब दिल्ली कैपिटल्स) ने उन्हें अपनी टीम में शामिल किया था। हालांकि उन्हें ज्यादा मौके नहीं मिले। उन्होंने दिल्ली के लिए फर्स्ट क्लास, लिस्ट-ए और टी-20 क्रिकेट भी खेला। ---------------स्पोर्ट्स से जुड़ी यह खबर भी पढ़िए…क्या कोहली और गंभीर के बीच बातचीत बंद है, दावा- ट्रेनिंग में दूर-दूर दिखे इंग्लैंड के खिलाफ वनडे सीरीज से ठीक पहले विराट कोहली और गौतम गंभीर के बीच अनबन की अटकलें हैं। इन अटकलों को टाइम्स नॉउ न्यूज की रिपोर्ट ने हवा दी है, जिसमें दावा किया गया है कि कोहली और गंभीर के बीच बातचीत नहीं हो रही है। भारत और इंग्लैंड के बीच पहला वनडे आज बर्मिंघम में है। पढ़ें पूरी खबर
स्कॉटलैंड के ग्लासगो में 23 जुलाई से शुरू होने वाले 2026 कॉमनवेल्थ गेम्स के लिए भारत ने अपने 125 एथलीटों के दल की घोषणा कर दी है। ESPN की रिपोर्ट के मुताबिक, इस दल में 77 पुरुष और 48 महिला खिलाड़ी शामिल हैं। भारतीय खिलाड़ी कुल 13 खेल विधाओं में अपनी चुनौती पेश करेंगे। एथलेटिक्स में सबसे ज्यादा 32 खिलाड़ी हिस्सा ले रहे हैं। इसके अलावा बॉक्सिंग और जूडो में 14-14 और वेटलिफ्टिंग में 12 खिलाड़ी शामिल हैं। 2022 के बर्मिंघम गेम्स में भारत ने 210 एथलीट भेजे थे और 61 पदक जीते थे। इस बार क्रिकेट, बैडमिंटन, हॉकी, स्क्वॉश, टेबल टेनिस और कुश्ती जैसे खेल शामिल नहीं हैं। इसलिए खिलाड़ियों की संख्या कम हुई है। किस खेल में कौन से खिलाड़ी 3x3 बास्केटबॉल रीना रमेशचंद्र गुप्ता, इरेंगबम रितु चानू, जाधव मीनाक्षी हरिचंद्र, रायन्नावर लक्ष्मी रायप्पा (सभी खिलाड़ी विमेंस व्हीलचेयर कैटेगरी की हैं)। आर्टिस्टिक जिम्नास्टिक्स मेंस कैटेगरी- तपन मोहंती, तपेश्वरनाथ दास, स्वातिश केपी, सत्यजीत मंडल विमेंस कैटेगरी- प्रणति नायक, निश्का अग्रवाल, ईशिता रेवाले, प्रतिष्ठा सामंता एथलेटिक्स ट्रैक मेंस कैटेगरी- गुरिंदरवीर सिंह (100 मीटर), अनिमेष कुजूर (200 मीटर), विशाल टीके (400 मीटर, मिक्स्ड 4400 मीटर रिले), राजेश रमेश (400 मीटर, मिक्स्ड 4400 मीटर रिले), गुलवीर सिंह (5000 मीटर, 10,000 मीटर), तेजस शिर्से (110 मीटर हर्डल), यशस पलाक्ष (400 मीटर हर्डल), संतोष कुमार तमिलरासन (400 मीटर हर्डल) ट्रैक विमेंस कैटेगरी- रशदीप कौर (400 मीटर, मिक्स्ड 4400 मीटर रिले), नीरू पाठक (400 मीटर, मिक्स्ड 4400 मीटर रिले), अंसा बाबू (400 मीटर, मिक्स्ड 4400 मीटर रिले), पारुल चौधरी (3000 मीटर स्टीपलचेज़, 5000 मीटर), प्रियंका गोस्वामी (10,000 मीटर वॉक), रवीना गायकवाड़ (10,000 मीटर वॉक) फील्ड मेंस कैटेगरी- देव मीणा (पोल वॉल्ट), कुलदीप कुमार (पोल वॉल्ट), सर्वेश अनिल कुशारे (हाई जंप), आदर्श राम जे (हाई जंप), तेजस्विन शंकर (हाई जंप, डेकाथलॉन), मुरली श्रीशंकर (लॉन्ग जंप), लोकेश सत्यनाथन (लॉन्ग जंप), प्रवीण चित्रावेल (ट्रिपल जंप), सेल्वा प्रभु (ट्रिपल जंप), समरदीप सिंह गिल (शॉट पुट), तजिंदरपाल सिंह तूर (शॉट पुट), नीरज चोपड़ा (जेवलिन थ्रो), रोहित यादव (जेवलिन थ्रो), यश वीर सिंह (जेवलिन) फील्ड विमेंस कैटेगरी- पूजा सिंह (हाई जंप), मनप्रीत कौर (शॉट पुट), सीमा कालिरामना (डिस्कस थ्रो), निधि रानी (डिस्कस थ्रो) पैरा एथलेटिक्स मेंस ट्रैक- राकेशभाई भट्ट (100 मीटर T38), श्रेयांश त्रिवेदी (100 मीटर T38), मोहम्मद बासिल एम (100 मीटर T47), दिलीप महादू गावित (100 मीटर T47), रमेश शनमुगम (1500 मीटर T54) मेंस फील्ड- देवेंद्र कुमार (डिस्कस थ्रो F44), सागर थायत (डिस्कस थ्रो F44), शुभम जुयाल (शॉट पुट F57), सोमन राणा (शॉट पुट F57) विमेंस फील्ड- शर्मिला धनखड़ (शॉट पुट F57), शिल्पा के. शायला (शॉट पुट F57) लॉन बॉल्स मेंस कैटेगरी- पुतुल सोनोवाल (सिंगल्स), नवनीत सिंह (डबल्स), दिनेश कुमार (डबल्स) विमेंस कैटेगरी- नयनमोनी सैकिया (सिंगल्स), रूपा रानी तिर्की (डबल्स), पिंकी सिंह (डबल्स) बॉक्सिंग मेंस कैटेगरी- जादुमणि सिंह (55 kg), सचिन सिवाच (60 kg), आदित्य प्रताप सिंह (मेंस 65 kg), सुमित कुंडू (70 kg), अंकुश (80 kg), कपिल पोखरिया (90 kg), नरेंद्र बेरवाल (90+ kg) विमेंस कैटेगरी- साक्षी चौधरी (51 kg), प्रीति पवार (54 kg), जैस्मीन लांबोरिया (57 kg), प्रिया घंघास (60 kg), परवीन हुड्डा (65 kg), अरुंधति चौधरी (70 kg), लवलीना बोरगोहेन (75 kg) जूडो मेंस कैटेगरी- हर्ष सिंह (60 kg), रोहित बसीर माजगुल (66 kg), अरुण कुमार (73 kg), हर्ष तोकस (81 kg), करणजीत सिंह मान (90 kg), अवतार सिंह (100 kg), यश घंघास (100+ kg) विमेंस कैटेगरीः अस्मिता डे (48 kg), श्रद्धा कदाबुल चोपड़े (52 kg), यामिनी मौर्य (57 kg), उन्नति शर्मा (63 kg), इनुंगनबी ताखेल्लामबम (70 kg), इशरूप नारंग (78 kg), तुलिका मान (78+ kg) पैरा पावरलिफ्टिंग मेंस कैटेगरी- अशोक कुमार मलिक (लाइटवेट), परमजीत कुमार (लाइटवेट), सुधीर (हैवीवेट), झंडू कुमार (हैवीवेट) विमेंस कैटेगरी- सुमन देवी (लाइटवेट), जसप्रीत कौर (लाइटवेट), कस्तूरी राजामणि (हैवीवेट) तैराकी श्रीहरि नटराज (50 मीटर बैकस्ट्रोक, 100 मीटर बैकस्ट्रोक, 100 मीटर फ्रीस्टाइल, 4200 मीटर फ्रीस्टाइल रिले), आर्यन नेहरा (400 मीटर फ्रीस्टाइल, 800 मीटर फ्रीस्टाइल, 1500 मीटर फ्रीस्टाइल, 4200 मीटर फ्रीस्टाइल रिले), साजन प्रकाश (50 मीटर बटरफ्लाई, 200 मीटर बटरफ्लाई, 200 मीटर फ्रीस्टाइल), अनीश एस. गौड़ा (200 मीटर फ्रीस्टाइल, 4200 मीटर फ्रीस्टाइल रिले), धक्षण शशिकुमार ((400 मीटर फ्रीस्टाइल, 4200 मीटर फ्रीस्टाइल रिले) पैरा तैराकी रवि वीरा वेंकट बुडिगिना (50 मीटर फ्रीस्टाइल S7), अली इमाम (100 मीटर फ्रीस्टाइल S13), सुयश नारायण जाधव (50 मीटर फ्रीस्टाइल S7), चैतन्य विश्वास कुलकर्णी (200 मीटर फ्रीस्टाइल S14), स्वातिक पाटिल (50 मीटर फ्रीस्टाइल S) नोट: तेजस नंदकुमार (200 मीटर फ्रीस्टाइल S14) को टीम में शामिल किया गया था, लेकिन क्लासिफिकेशन से जुड़ी समस्या के कारण उन्हें बाहर होना पड़ा। ट्रैक साइक्लिंग रोनाल्डो सिंह लैटोंजाम (1000 मीटर टाइम ट्रायल), डेविड बेकहम एलकटोहचूंगो (पुरुष एलीट कीरिन), जेम्स सिंह कीथेल्लाक्रम (एलीट कीरिन), दिनेश कुमार (एंड्योरेंस / पर्स्यूट स्पर्धाएं), रोजित सिंह यांगलेम (पुरुष एंड्योरेंस / पर्स्यूट स्पर्धाएं), सेखों हर्षवीर सिंह (4000 मीटर टीम पर्स्यूट) पैरा ट्रैक साइक्लिंग लिशा दास (महिला पैरा ट्रैक साइक्लिंग) वेटलिफ्टिंग मेंस कैटेगरी- ऋषिकांत सिंह (60 kg), एम. राजा (65 kg), अजया बाबू (79 kg), दिलबाग सिंह (94 kg), लवप्रीत सिंह (110+ kg), विमेंस कैटेगरी- मीराबाई चानू (48 kg), ज्ञानेश्वरी यादव (53 kg), बिंद्यारानी देवी (58 kg), हरजिंदर कौर (69 kg), संजना (77 kg), सेराम निरुपमा देवी (86 kg), मार्टिना देवी (86+ kg)
अर्जेंटीना के कप्तान लियोनेल मेसी ने उन दावों को खारिज किया है, जिनमें कहा गया कि 2026 फीफा वर्ल्ड कप में उनकी टीम को रेफरी से फेवर मिला है। मेसी ने कहा कि मौजूदा चैंपियन टीम ने अपनी मेहनत और जुझारूपन से लगातार दूसरी बार फाइनल में जगह बनाई है। द एसोसिएटेड प्रेस के मुताबिक, इंग्लैंड के खिलाफ सेमीफाइनल में 2-1 की जीत के बाद मेसी ने कहा- चाहे किसी को पसंद हो या न हो, हम पिछले चार साल से सर्वश्रेष्ठ रहे हैं। हमने साबित किया है कि हमारी सफलता कोई तुक्का नहीं है और हमें कुछ भी मुफ्त में नहीं मिला है। अटलांटा में बुधवार को हुए सेमीफाइनल में इंग्लैंड ने 55वें मिनट में एंथनी गॉर्डन के गोल से बढ़त बनाई थी। हालांकि, इंग्लैंड के डिफेंसिव रुख का फायदा उठाते हुए अर्जेंटीना के लिए एंजो फर्नांडीज और लाउटारो मार्टिनेज ने देर से गोल कर टीम को जीत दिलाई। टूर्नामेंट के दौरान अर्जेंटीना के मैचों में रेफरी के फैसलों पर सवाल उठे थे। स्विट्जरलैंड के खिलाफ क्वार्टर फाइनल में ब्रिल एम्बोलो को रेड कार्ड मिलने पर स्विस कोच मूरत याकिन ने कहा था, हमें एक ऐसे नियम की सजा मिली जो पूरी तरह अस्वीकार्य है। यह हार बहुत दर्दनाक है। मिस्र फुटबॉल एसोसिएशन ने भी राउंड ऑफ 16 के मैच में विवादास्पद फैसलों पर नाराजगी जताई थी। मिस्र का आरोप था कि मुस्तफा जिको का गोल VAR रिव्यू में गलत तरीके से रद्द किया गया और मोहम्मद सलाह को गिराए जाने के बावजूद पेनल्टी नहीं दी गई। अर्जेंटीना अब रविवार को न्यू जर्सी में होने वाले फाइनल में स्पेन का सामना करेगा। वहीं, शनिवार को मियामी में तीसरे स्थान के लिए फ्रांस और इंग्लैंड के बीच मुकाबला होगा। इससे पहले अर्जेंटीना ने केप वर्डे, मिस्र और स्विट्जरलैंड के खिलाफ कड़े मुकाबलों के बाद जीत हासिल की थी। इंग्लैंड को हराकर अर्जेंटीना फुटबॉल वर्ल्डकप फाइनल में डिफेंडिंग चैंपियन अर्जेंटीना लगातार दूसरी बार फुटबॉल वर्ल्ड कप के फाइनल में पहुंच गया है। लियोनेल मेसी की टीम ने बुधवार रात को दूसरे सेमीफाइनल में इंग्लैंड को 2-1 से हराया। टीम 85 मिनट 0-1 से पिछड़ रही थी। उसके बाद आखिरी 7 मिनट में दो गोल दागे और जीत हासिल की। फाइनल में उसका मुकाबला 19 जुलाई को स्पेन से होगा। अटलांटा में एंथनी गॉर्डन के 55वें मिनट के गोल से इंग्लैंड फाइनल की ओर बढ़ता दिख रहा था। लेकिन लियोनेल मेसी की टीम ने आखिर वक्त में मैच का रुख पलट दिया। मेसी के पास पर एंजो फर्नांडेज ने 25 गज से शानदार गोल कर स्कोर 1-1 कर दिया। फिर इंजरी टाइम के दूसरे मिनट में मेसी के सटीक क्रॉस पर सब्स्टीट्यूट लॉटारो मार्टिनेज ने हेडर से गोल दागकर जीत दिला दी। जीत के बाद अर्जेंटीना के प्लेयर्स ने मैदान पर 'Las Malvinas son Argentinas' (फॉकलैंड/माल्विनास अर्जेंटीना के हैं) लिखा हुआ बैनर लहराया था। इस पर विवाद हो गया और दोनों देशों के फैंस भिड़ गए। फॉकलैंड अटलांटिक महासागर में स्थित एक द्वीप है, जिस पर दोनों देश अपना दावा करते हैं। 2 अप्रैल 1982 को अर्जेंटीना ने फॉकलैंड पर कब्जा कर लिया। फिर ब्रिटेन ने 74 दिन चले युद्ध के बाद द्वीपों पर दोबारा कब्जा हासिल कर लिया। 1816 में स्पेन से आजाद होने के बाद फॉकलैंड अर्जेंटीना का था। अर्जेंटीना 7वीं बार फाइनल में पहुंचा है यह अर्जेंटीना का 7वां वर्ल्ड कप फाइनल होगा। टीम इससे पहले 1930, 1978, 1986, 1990, 2014 और 2022 में फाइनल खेल चुकी है। अर्जेंटीना 1978, 1986 और 2022 में विश्व कप जीत चुकी है। अब उसके पास लगातार दूसरी बार और कुल चौथा खिताब जीतने का मौका है। पहला हाफ- फुटबॉल कम, लड़ाई ज्यादा मैच की शुरुआत से ही यह साफ हो गया था कि मुकाबला सिर्फ फुटबॉल का नहीं है। तीसरे ही मिनट में इंग्लैंड के इलियट एंडरसन पर टैकल के बाद दोनों टीमों के खिलाड़ी आमने-सामने आ गए। रेफरी इस्माइल एलफाथ को बीच-बचाव करना पड़ा। पूरे पहले हाफ में कई बार खिलाड़ी भिड़े और फाउल की भरमार रही। 33वें मिनट में इंग्लैंड को पहला मौका मिला। डेक्लन राइस की फ्री-किक पर जॉन स्टोन्स ने हेडर लगाया, लेकिन गेंद नेट में लगाकर बाहर चली गई। अर्जेंटीना की ओर से एंजो फर्नांडेज ने 38वें मिनट में बॉक्स के बाहर से शॉट लगाया, जो गोलपोस्ट के ऊपर निकल गया। 37वें मिनट में लियोनेल मेसी आगे बढ़े, लेकिन इलियट एंडरसन ने उन्हें रोकने के लिए फाउल किया। इस पर एंडरसन को येलो कार्ड मिला। 42वें मिनट में जूड बेलिंगहम की जर्सी खींचने पर अर्जेंटीना के लिसांद्रो मार्टिनेज को भी कार्ड दिखाया गया। हाफ टाइम की सीटी के बाद भी दोनों टीमों के खिलाड़ी रेफरी से बहस करते रहे और मेसी सबसे आखिर में मैदान से बाहर गए। दूसरे हाफ की शुरुआत में इंग्लैंड का गोल ब्रेक के बाद अर्जेंटीना ने तेज शुरुआत की। जूलियन अल्वारेज ने 48वें मिनट में पहला ऑन-टारगेट शॉट लगाया, जिसे जॉर्डन पिकफोर्ड ने शानदार तरीके से रोक दिया। 55वें मिनट में मैच का पहला गोल इंग्लैंड ने किया। हैरी केन के लंबे पास पर अर्जेंटीना का डिफेंस पूरी तरह क्लियरेंस नहीं कर सका। डेक्लन राइस ने गेंद मॉर्गन रोजर्स को दी। रोजर्स ने दाईं ओर से सटीक क्रॉस डाला, जिस पर एंथनी गॉर्डन ने बॉक्स से आसान फिनिश किया। यह टूर्नामेंट में गॉर्डन का पहला गोल था और इंग्लैंड 1-0 से आगे हो गया। मेसी के पास ने पलटा मैच, लॉटारो ने तोड़ा इंग्लैंड का सपना गोल खाने के बाद अर्जेंटीना ने अटैकिंग गेम खेलना शुरू कर दिया। टीम को 86वें मिनट में कॉर्नर मिला। लियोनेल मेसी ने शॉर्ट कॉर्नर खेलकर गेंद एंजो फर्नांडेज को दी। फर्नांडेज ने करीब 25 गज की दूरी से शॉट लगाया। गेंद खिलाड़ियों के बीच से निकलते हुए सीधे नेट में जा समाई। इस गोल के साथ स्कोर 1-1 हो गया। इंजरी टाइम के दूसरे मिनट में मेसी ने फिर कमाल कर दिखाया। उन्होंने दाईं ओर से बॉल बॉक्स में भेजी। सब्स्टीट्यूट स्ट्राइकर लॉटारो मार्टिनेज डिफेंडरों से आगे निकले और शानदार हेडर के जरिए गेंद को गोल में पहुंचा दिया। अर्जेंटीना ने 7 मिनट के भीतर मैच पलटते हुए 2-1 की बढ़त बना ली। मैच के टॉप-5 रिकॉर्ड्स… 1. लगातार दूसरे वर्ल्ड कप फाइनल में स्कालोनी अर्जेंटीना के कोच लियोनेल स्कालोनी लगातार दूसरे वर्ल्ड कप फाइनल में पहुंचने वाले इतिहास के 7वें कोच बन गए। उनसे पहले यह उपलब्धि सिर्फ विटोरियो पोजो, हेल्मुट शॉन, मारियो जगालो, कार्लोस बिलार्डो, फ्रांज बेकेनबाउर और डिडिएर डेशां ने हासिल की थी। 2. अर्जेंटीना पहली बार लगातार दो फाइनल में 2022 में चैंपियन बनने के बाद अर्जेंटीना ने 2026 में भी फाइनल में जगह बना ली। टीम इतिहास में पहली बार लगातार दो वर्ल्ड कप फाइनल खेलेगी। अर्जेंटीना ने वर्ल्ड कप इतिहास में अपना छठा सेमीफाइनल खेला। अर्जेंटीना कभी भी सेमीफाइनल नहीं हारा। 3. अर्जेंटीना ने लगातार 14वां मैच जीता इंग्लैंड को हराकर अर्जेंटीना ने सभी प्रतियोगिताओं में लगातार 14वीं जीत दर्ज की। टीम सितंबर 2025 में इक्वाडोर से हारने के बाद एक भी मैच नहीं हारी है। 4. एक वर्ल्ड कप में सबसे ज्यादा गोल अर्जेंटीना ने मौजूदा टूर्नामेंट में 19 गोल किए हैं। यह टीम का एक वर्ल्ड कप में सबसे ज्यादा गोल करने का रिकॉर्ड है। अर्जेंटीना ने लगातार 14 वर्ल्ड कप मैचों में कम से कम 2 गोल किए हैं। यह भी अपने आप में एक रिकॉर्ड है। 5. हैरी केन सबसे ज्यादा मैच खेलने वाले आउटफील्ड खिलाड़ी अर्जेंटीना के खिलाफ उतरते ही हैरी केन ने इंग्लैंड के लिए 121वां मैच खेला। वह वेन रूनी को पीछे छोड़कर इंग्लैंड के सबसे ज्यादा मैच खेलने वाले आउटफील्ड खिलाड़ी बन गए। ओवरऑल उनसे आगे सिर्फ गोलकीपर पीटर शिल्टन (125 मैच) हैं। भास्कर नॉलेज 1. भारत ने 1950 में खुद छोड़ दिया फीफा वर्ल्ड कप खेलने का मौका 1950 में भारत बिना कोई क्वालिफाइंग मैच खेले फीफा वर्ल्ड कप के लिए चुन लिया गया था। ऐसा इसलिए हुआ, क्योंकि एशिया की कई टीमों ने टूर्नामेंट से अपना नाम वापस ले लिया था, लेकिन ब्राजील तक लंबी यात्रा, ज्यादा खर्च, टीम की पूरी तैयारी न होना और उस समय ओलंपिक को ज्यादा महत्व दिए जाने के कारण अखिल भारतीय फुटबॉल महासंघ (AIFF) ने टीम को वर्ल्ड कप में नहीं भेजा। इसके बाद से आज तक भारत फीफा वर्ल्ड कप के लिए क्वालिफाई नहीं कर पाया है। 2. 1982 से हर फीफा वर्ल्ड कप की फुटबॉल पाकिस्तान में बन रही 1982 के स्पेन वर्ल्ड कप से लेकर 2026 वर्ल्ड कप तक लगभग हर आधिकारिक मैच बॉल पाकिस्तान के सियालकोट शहर में तैयार की गई है। 2026 वर्ल्ड कप की आधिकारिक गेंद 'Trionda' भी सियालकोट की फॉरवर्ड स्पोर्ट्स कंपनी ने एडिडास के लिए बनाई है। ---------------------------------------------------------- फुटबॉल वर्ल्ड कप से जुड़ी यह खबर भी पढ़िए… स्पेन 16 साल बाद फुटबॉल वर्ल्डकप फाइनल में; फ्रांस को 2-0 से हराया स्पेन 16 साल बाद फुटबॉल वर्ल्ड कप के फाइनल में पहुंच गया है। टीम ने पहले सेमीफाइनल में फ्रांस को 2-0 से हराकर दूसरी बार फाइनल में जगह बनाई। डलास स्टेडियम में मिकेल ओयारजाबाल ने 22वें मिनट में पेनल्टी पर पहला गोल किया। इसके बाद 58वें मिनट में पेड्रो पोरो ने गोल दागकर स्पेन की जीत पक्की कर दी। पढ़ें पूरी खबर
फॉर्मूला-1 की रेस देखते समय हमारी नजर आमतौर पर ड्राइवर की स्पीड, ओवरटेक या आखिरी लैप पर टिक जाती है। लगता है कि जीत उसी की होगी जिसकी कार सबसे तेज होगी या जिसका ड्राइवर सबसे बेहतर होगा। लेकिन आज की फॉर्मूला-1 में एक और खिलाड़ी है, जो ट्रैक पर दिखाई नहीं देता। उसका नाम है- डेटा। इसी डेटा ने मर्सिडीज-एएमजी पेट्रोनास को दुनिया की सबसे मजबूत तकनीकी टीमों में शामिल कर दिया है। रेस शुरू होते ही मर्सिडीज की हर कार सिर्फ दौड़ती नहीं, बल्कि लगातार ‘बोलती’ भी रहती है। कार में लगे करीब 300 सेंसर हर सेकंड 10 लाख से ज्यादा जानकारी टीम तक भेजते हैं। इंजन कितना गर्म है, टायर कितने घिस चुके हैं, ब्रेक कितने दबाव में हैं, ईंधन कितनी तेजी से खर्च हो रहा है, ड्राइवर कब एक्सिलरेटर दबा रहा है और कब ब्रेक लगा रहा है... हर छोटी-बड़ी चीज लगातार रिकॉर्ड होती रहती है। ट्रैक पर ड्राइवर स्टीयरिंग संभाल रहा होता है, लेकिन सैकड़ों किलोमीटर दूर कंट्रोल रूम में इंजीनियर इन आंकड़ों को पढ़ रहे होते हैं। कई बार इन्हीं आंकड़ों से कुछ सेकंड में फैसला लिया जाता है कि ड्राइवर को पिट स्टॉप के लिए बुलाना है या नहीं, टायर बदलने हैं या नहीं, या फिर रणनीति पूरी तरह बदलनी है। यही कुछ सेकंड पूरी रेस का नतीजा बदल सकते हैं। मर्सिडीज के आईटी डायरेक्टर माइकल टेलर 25 साल से टीम के साथ हैं। उनका मानना है कि पहले जीत का पैमाना सिर्फ स्टॉपवॉच थी, लेकिन अब कार के लगभग हर हिस्से को मापा जाता है। उनका सीधा-सा सिद्धांत है- जिस चीज को मापा जा सकता है, उसे बेहतर भी बनाया जा सकता है। हालांकि रेस के दौरान कार से लाइव डेटा भेजने की शुरुआत नई नहीं है। फॉर्मूला-1 में यह तकनीक 1980 के दशक से मौजूद है। ब्रिटेन के ब्रैक्ली में बने मर्सिडीज के विशाल टेक्नोलॉजी कैंपस में यही आंकड़े नई कारों का डिजाइन तय करते हैं। कौन-सा पार्ट बेहतर होगा, कहां वजन कम करना है, हवा का असर कैसे घटाना है और अगली रेस में क्या बदलाव करने हैं, लगभग हर फैसला डेटा के आधार पर लिया जाता है। अब इस खेल में एआई भी उतर चुका है। मर्सिडीज मशीन लर्निंग और एआई की मदद से प्रोडक्शन प्लानिंग, सॉफ्टवेयर डेवलपमेंट और दूसरे तकनीकी काम आसान बना रही है। फिर भी टीम पूरी तरह मशीनों पर भरोसा नहीं करती। अंतिम फैसला आज भी इंसान ही लेता है। तकनीक सलाह देती है, लेकिन जिम्मेदारी इंसान की रहती है। यही वजह है कि मर्सिडीज ने 2014 से 2021 तक लगातार आठ कंस्ट्रक्टर्स चैम्पियनशिप जीतकर इतिहास रच दिया। इसी दौरान लुईस हैमिल्टन ने टीम के साथ छह बार ड्राइवर्स वर्ल्ड चैम्पियन बनने का गौरव हासिल किया। मौजूदा सीजन में भी मर्सिडीज 333 अंक लेकर कंस्ट्रक्टर्स चैम्पियनशिप में टॉप पर है। उसके ड्राइवर किमी एंटोनेली (179 अंक) पहले और जॉर्ज रसेल (154) दूसरे नंबर पर हैं।
पाकिस्तान के बाएं हाथ के स्पिनर मोहम्मद नवाज को ICC एंटी-डोपिंग कोड का उल्लंघन करने का दोषी पाया गया है। नवाज ने अपनी गलती स्वीकार कर ली है, जिसके बाद उन पर 3 महीने का बैन लगाया गया है। अगर वे नशीले पदार्थों के इलाज से जुड़ा ट्रीटमेंट प्रोग्राम पूरा कर लेते हैं, तो इस प्रतिबंध के समय को घटाकर 1 महीना कर दिया जाएगा। कोलंबो में हुआ था नवाज का डोपिंग टेस्ट32 साल के नवाज का यह डोपिंग टेस्ट श्रीलंका के कोलंबो में हुआ था। 7 फरवरी को ICC मेंस टी-20 वर्ल्ड कप 2026 के दौरान नीदरलैंड्स के खिलाफ मैच के बाद उनका सैंपल लिया गया था। इस टेस्ट में नवाज के शरीर में प्रतिबंधित नशीले पदार्थ (कार्बोक्सी-THC) के अंश पाए गए थे, जो ICC एंटी-डोपिंग कोड के तहत बैन है। इसका संबंध खेल के प्रदर्शन से नहीं था नवाज ने अपनी इस गलती को स्वीकार कर लिया है। उन्होंने यह साबित किया कि इस प्रतिबंधित पदार्थ का इस्तेमाल उन्होंने आउट-ऑफ-कॉम्पिटिशन (यानी खेल के समय से अलग) किया था। साथ ही इसका उनके खेल के प्रदर्शन को बेहतर करने से कोई संबंध नहीं था। 1 मई से लागू माना गया प्रतिबंधनवाज पर लगा यह 3 महीने का प्रतिबंध 1 मई 2026 से लागू माना गया है। 1 मई से उन्होंने अपना प्रोविजनल सस्पेंशन शुरू किया था। अब ढाई महीने का निलंबन पूरा करने और ट्रीटमेंट प्रोग्राम में शामिल होने के कमिटमेंट के बाद उनका प्रोविजनल सस्पेंशन हटा लिया गया है। अगर वे ICC की संतुष्टि के अनुसार इस ट्रीटमेंट प्रोग्राम को पूरा कर लेते हैं, तो उन्हें आगे कोई अतिरिक्त बैन नहीं झेलना होगा। नीदरलैंड्स मैच और उसके बाद के रिकॉर्ड्स रद्दICC एंटी-डोपिंग कोड के नियमों के तहत नवाज के कुछ मैचों के रिकॉर्ड्स को अमान्य कर दिया गया है। 7 फरवरी को नीदरलैंड्स के खिलाफ खेले गए मैच और उसके बाद से लेकर 1 मई 2026 तक खेले गए सभी मैचों में उनके व्यक्तिगत प्रदर्शन और रिकॉर्ड्स को अयोग्य घोषित कर दिया गया है। --------------------------------------- स्पोर्ट्स की यह खबर भी पढ़ें… तीसरा वनडे-न्यूजीलैंड ने वेस्टइंडीज को 6 विकेट से हराया:सीरीज में 2-1 से आगे; लेनोक्स को 4 विकेट; विंडीज ने 19 रन पर 6 विकेट खोए न्यूजीलैंड ने तीसरे वनडे में वेस्टइंडीज को 6 विकेट से हरा दिया। इस जीत के साथ कीवी टीम ने 5 मैचों की वनडे सीरीज में 2-1 की बढ़त बना ली है। गयाना में पहले बल्लेबाजी करते हुए वेस्टइंडीज की टीम 140/9 रन ही बना सकी। जवाब में न्यूजीलैंड ने 4 विकेट खोकर लक्ष्य हासिल कर लिया। पूरी खबर
टीम इंडिया के बैटिंग कोच सितांशु कोटक ने विराट कोहली और हेड कोच गौतम गंभीर के बीच मतभेद की खबरों को सिरे से खारिज कर दिया है। कोटक ने कहा कि दोनों दिन में कम से कम 10 बार आपस में बातचीत करते हैं। उनके बीच बातचीत बंद होने की बात महज अफवाह है। कार्डिफ में दूसरे वनडे से पहले नेट्स के दौरान कोहली और गंभीर के बीच बातचीत नहीं दिखने के बाद दोनों के रिश्तों को लेकर अटकलें तेज हो गई थीं। यहां तक कि ऐसी खबरें भी सामने आईं कि दोनों में बातचीत शुरू कराने के लिए BCCI की लीडरशिप को आगे आना पड़ सकता है। कोहली ने दूसरे वनडे में फिफ्टी कोहली-गंभीर को किसी संदेशवाहक की जरूरत नहीं बैटिंग कोच कोटक ने एक सवाल पर कहा- 'मुझे नहीं लगता कि विराट को मुख्य कोच से बात करने के लिए किसी ब्रिज की जरूरत है।' कोटक ने आगे कहा, 'मुझे नहीं पता ये बातें कहां से आती हैं। ये सिर्फ अफवाहें हैं।' टाइम्स नॉउ न्यूज की रिपोर्ट में दावा किया गया था कि कोहली और गंभीर के बीच बातचीत नहीं हो रही है। इस रिपोर्ट में यह भी कहा गया था कि नेट्स के बाद कोटक ने गंभीर का मैसेज कोहली तक पहुंचाया। इसमें यह भी कहा गया था कि कोहली ने प्रैक्टिस के बाद गंभीर को नजरअंदाज किया। विराट को बिना मांगे सलाह नहीं देता कोटक ने कहा कि विराट जैसे सीनियर बैटर को बिना जरूरत सलाह देना ठीक नहीं है। उन्होंने पूर्व कोच अभिषेक नायर की बात दोहराते हुए कहा- जब तक विराट खुद कोई सुझाव नहीं मांगते या कोई बड़ी तकनीकी समस्या नजर नहीं आती, तब तक उन्हें सलाह देने की जरूरत नहीं होती। उन्होंने कहा, 'जब विराट बल्लेबाजी करने जाते हैं तो अगर वह खुद इनपुट नहीं मांगते या कोई बड़ी तकनीकी बात नहीं होती, तो उन्हें बिना मांगी सलाह देना सही नहीं है।' तकनीकी पर होती है चर्चा कोटक ने बताया कि जब विराट किसी खास पहलू पर चर्चा करना चाहते हैं तो वह अपनी राय जरूर देते हैं। उन्होंने कहा, 'हमारी बातचीत ज्यादातर फुटवर्क और बल्लेबाजी से जुड़ी तकनीकी चीजों पर होती है। कार्डिफ में नेट्स से पहले भी उन्होंने कुछ बातें साझा की थीं और अभ्यास के बाद भी हम उसी पर चर्चा कर रहे थे।' -------------------------------------------- विराट कोहली से जुड़ी यह खबर भी पढ़िए… क्या कोहली और गंभीर के बीच बातचीत बंद है, दावा- ट्रेनिंग में दूर-दूर दिखे इंग्लैंड के खिलाफ वनडे सीरीज से ठीक पहले विराट कोहली और गौतम गंभीर के बीच अनबन की अटकलें हैं। इन अटकलों को टाइम्स नॉउ न्यूज की रिपोर्ट ने हवा दी है, जिसमें दावा किया गया है कि कोहली और गंभीर के बीच बातचीत नहीं हो रही है। भारत और इंग्लैंड के बीच पहला वनडे आज बर्मिंघम में है। पढ़ें पूरी खबर
रोहित शर्मा के रिटायरमेंट की अटकलों के बीच भारतीय कोच सितांशु कोटक ने कहा- रोहित न तो दबाव में हैं और न ही स्ट्रगल कर रहे हैं। वे लॉर्ड्स में बड़ी पारी खेल सकते हैं। एक दिन पहले एक रिपोर्ट में दावा किया गया था कि लॉर्ड्स वनडे रोहित शर्मा के करियर का आखिरी वनडे होगा। उसके बाद उनके रिटायरमेंट की अटकलें भी शुरू हो गईं। कोटक ने मैच के बाद कहा, 'आज भी ऐसा लग रहा था कि रोहित बड़ी पारी खेलेंगे, लेकिन ऐसा नहीं हो सका। पिच पर गेंद पर असमान्य उछाल था। रोहित जिन शॉट्स को आमतौर पर आसानी से खेलते हैं, उनमें उन्हें सहज महसूस नहीं हुआ। ऐसा कई बैटर्स के साथ होता है। आप लॉर्ड्स में रोहित शर्मा की बिल्कुल अलग पारी देख सकते हैं।' 'स्ट्रगल' शब्द इस्तेमाल नहीं करूंगा यशस्वी जायसवाल या ईशान किशन को वनडे टीम में मौका मिलने की संभावना पर पूछे गए सवाल पर कोटक ने कहा कि वे रोहित के लिए 'संघर्ष' शब्द का इस्तेमाल नहीं करेंगे। कोटक ने शुभमन गिल और विराट कोहली का उदाहरण देते हुए कहा- पहले वनडे में गिल और दूसरे वनडे में कोहली को अच्छी शुरुआत मिली, जिससे वे बड़ी पारी खेल सके। लेकिन, रोहित को वैसी शुरुआत नहीं मिल सकी। इस मैच में रोहित शुरुआत को बड़े स्कोर में नहीं बदल पाए। इसलिए मैं नहीं कहूंगा कि वह संघर्ष कर रहे हैं।' कार्डिफ की पिच दूसरी पारी में आसान हुई कोटक के अनुसार कार्डिफ की पिच पहली पारी में दो गति वाली थी, जिससे बल्लेबाजी मुश्किल रही। दूसरी पारी में विकेट बेहतर हो गया और इसका फायदा जो रूट ने नाबाद 99 रन की मैच जिताऊ पारी खेलकर उठाया। उन्होंने कहा, 'पहली पारी में बैक ऑफ लेंथ गेंदें रुककर आ रही थीं और ज्यादा उछाल ले रही थीं। दूसरी पारी में ऐसा नहीं था।' ---------------------------------------------------- रोहित शर्मा से जुड़ी यह खबर भी पढ़िए… दावा- लॉर्ड्स वनडे रोहित का आखिरी मैच हो सकता है, 2027 वर्ल्डकप प्लानिंग का हिस्सा नहीं लॉर्ड्स में भारत और इंग्लैंड के बीच रविवार को होने वाला तीसरा वनडे मुकाबला रोहित शर्मा के इंटरनेशनल करियर का आखिरी मैच साबित हो सकता है। इंडियन एक्सप्रेस के मुताबिक BCCI की सिलेक्शन कमेटी ने रोहित शर्मा को साफ कर दिया है कि वे 2027 वनडे वर्ल्ड कप की प्लानिंग का हिस्सा नहीं हैं। पढ़ें पूरी खबर
न्यूजीलैंड ने तीसरे वनडे में वेस्टइंडीज को 6 विकेट से हरा दिया। इस जीत के साथ कीवी टीम ने 5 मैचों की वनडे सीरीज में 2-1 की बढ़त बना ली है। गयाना में पहले बल्लेबाजी करते हुए वेस्टइंडीज की टीम 140/9 रन ही बना सकी। जवाब में न्यूजीलैंड ने 4 विकेट खोकर लक्ष्य हासिल कर लिया। न्यूजीलैंड के स्पिनर जेडन लेनोक्स ने 52 रन देकर 4 विकेट लिए। उनकी गेंदबाजी के सामने वेस्टइंडीज ने अपने आखिरी 6 विकेट सिर्फ 19 रन के भीतर गंवा दिए। 121/3 से 140/9 पर पहुंची विंडीज वेस्टइंडीज एक समय 3 विकेट पर 121 रन बनाकर मजबूत स्थिति में थी, लेकिन न्यूजीलैंड के स्पिनरों ने मैच का रुख बदल दिया। माइकल ब्रेसवेल ने केसी कार्टी का विकेट लेकर साझेदारी तोड़ी। अगले ही ओवर में शिमरोन हेटमायर भी आउट हो गए। फिर लेनोक्स ने निचले क्रम को समेट दिया। वेस्टइंडीज ने सिर्फ 19 रन जोड़कर अपने आखिरी 6 विकेट गंवा दिए और स्कोर 140/9 हो गया। लेनोक्स ने की रिकॉर्ड की बराबरी न्यूजीलैंड के स्पिनर जेडन लेनोक्स इस जीत के सबसे बड़े हीरो रहे। पिछले मैच में 5 विकेट लेने वाले लेनोक्स ने इस मुकाबले में भी 52 रन देकर 4 विकेट झटके। उन्होंने किसी बाइलैटरल वनडे सीरीज में न्यूजीलैंड के स्पिनर के सबसे ज्यादा विकेट लेने के रिकॉर्ड की बराबरी कर ली। ओपनर जॉन कैंपबेल छठे ओवर में रिटायर्ड हर्ट पारी के छठे ओवर में वेस्टइंडीज के सलामी बल्लेबाज जॉन कैंपबेल सिंगल लेने के लिए दौड़े, लेकिन हैमस्ट्रिंग में खिंचाव आने से मैदान पर गिर पड़े। दर्द ज्यादा होने के कारण उन्हें स्ट्रेचर पर मैदान से बाहर ले जाया गया और वे रिटायर्ड हर्ट हो गए। यहां से केसी कार्टी और शिमरोन हेटमायर की साझेदारी ने वेस्टइंडीज को एक समय 3 विकेट पर 121 रन की मजबूत स्थिति में पहुंचा दिया। हेटमायर का विकेट बना टर्निंग पॉइंट स्टार बल्लेबाज शिमरोन हेटमायर की इस मैच में वापसी हुई। वे मेजर लीग क्रिकेट (MLC) खेलकर सीधे टीम से जुड़े थे और उनका किट बैग भी समय पर नहीं पहुंच पाया था। हेटमायर ने जेडन लेनोक्स के खिलाफ दो शानदार छक्के लगाए और केसी कार्टी के साथ अहम साझेदारी की। हालांकि, माइकल ब्रेसवेल ने पहले कार्टी को LBW आउट किया और अगले ओवर में बड़ा शॉट खेलने के प्रयास में हेटमायर डीप स्क्वायर लेग पर कैच दे बैठे। यहीं से वेस्टइंडीज की पारी लड़खड़ा गई और टीम लगातार विकेट गंवाती चली गई। 19 साल के लॉरेस ने किया प्रभावित, DRS नहीं लेना पड़ा भारी 141 रन के लक्ष्य का पीछा करने उतरी न्यूजीलैंड की शुरुआत भी आसान नहीं रही। 19 साल के स्पिनर विटेल लॉरेस ने अपने दूसरे ही ओवर में हेनरी निकोल्स का ऑफ स्टंप उखाड़ दिया। इसके बाद मार्क चैपमैन LBW हुए और विल यंग भी जल्दी आउट हो गए, जिससे न्यूजीलैंड का स्कोर 77/3 हो गया। जब न्यूजीलैंड को जीत के लिए 33 रन चाहिए थे, तब टॉम लैथम और डीन फॉक्सक्रॉफ्ट बल्लेबाजी कर रहे थे। लॉरेस की एक गेंद फॉक्सक्रॉफ्ट के पैड पर लगी, लेकिन अंपायर ने उसे रन करार दिया। वेस्टइंडीज ने डीआरएस नहीं लिया। बाद में रिप्ले में साफ हुआ कि गेंद लेग स्टंप पर लग रही थी। रिव्यू लिया जाता तो फॉक्सक्रॉफ्ट आउट हो सकते थे। लैथम-फॉक्सक्रॉफ्ट ने दिलाई जीत शुरुआती झटकों के बाद कप्तान टॉम लैथम और डीन फॉक्सक्रॉफ्ट ने पारी संभाली। दोनों ने पांचवें विकेट के लिए नाबाद 52 रन की साझेदारी की। लॉरेस के एक ओवर में मिली दो फुलटॉस गेंदों पर दोनों बल्लेबाजों ने चौके लगाकर दबाव कम किया। इसके बाद न्यूजीलैंड ने बिना कोई और विकेट गंवाए लक्ष्य हासिल कर लिया और सीरीज में 2-1 की बढ़त बना ली। आगे की राह अब वेस्टइंडीज के सामने सीरीज बचाने की चुनौती है। मेजबान टीम को बारबाडोस में होने वाले आखिरी दोनों वनडे हर हाल में जीतने होंगे। वहीं, न्यूजीलैंड की नजर अगला मुकाबला जीतकर सीरीज अपने नाम करने पर होगी। ----------------------------------------------- इंटरनेशनल क्रिकेट की यह खबर भी पढ़िए… इंग्लैंड ने भारत को 4 विकेट से हराया, रूट 99 रन पर नाबाद रहे इंग्लैंड ने दूसरे वनडे में भारत को 4 विकेट से हराकर तीन मैचों की सीरीज 1-1 से बराबर कर दी। कार्डिफ के सोफिया गार्डन्स में गुरुवार देर रात 234 रन का पीछा करते हुए मेजबान टीम ने 44.1 ओवर में 6 विकेट खोकर मुकाबला जीत लिया। जीत के हीरो जो रूट रहे। वे 99 रन बनाकर नाबाद लौटे। उन्हें प्लेयर ऑफ द मैच चुना गया। पढ़ें पूरी खबर
भारत की स्टार बैडमिंटन खिलाड़ी पीवी सिंधु जापान ओपन सुपर-750 बैडमिंटन टूर्नामेंट के सेमीफाइनल में पहुंच गईं। उन्हें क्वार्टर फाइनल में पूर्व वर्ल्ड चैंपियन नोआमी ओकुहारा ने वॉकओवर दे दिया। सिंधु ने 3 साल बाद किसी सुपर-750 टूर्नामेंट के सेमीफाइनल में पहुंची हैं। इससे पहले वे 2023 डेनमार्क ओपन के टॉप-4 में पहुंची थीं। यह 2026 सीजन में सिंधु का तीसरा सेमीफाइनल भी है। साल की शुरुआत उन्होंने वर्ल्ड रैंकिंग में 18वें स्थान से की थी, लेकिन शानदार प्रदर्शन के दम पर अब वह नौवें स्थान पर पहुंच चुकी हैं। सेमीफाइनल में चेन युफेई से मैच सेमीफाइनल में सिंधु का सामना चीन की पूर्व ओलिंपिक चैंपियन और विश्व नंबर-4 चेन युफेई से होगा। चेन ने क्वार्टर फाइनल में दक्षिण कोरिया की सिम यू जिन को 21-10, 21-12 से हराकर अंतिम चार में जगह बनाई। सिंधु और चेन के बीच अब तक 14 मुकाबले हुए हैं, जिनमें चीनी खिलाड़ी 8-6 से आगे हैं। खास बात यह है कि सिंधु पिछले पांच मुकाबलों में लगातार चेन से हार चुकी हैं। ऐसे में उनके पास इस हार के सिलसिले को तोड़ने और लगभग तीन साल बाद किसी सुपर-750 टूर्नामेंट के फाइनल में पहुंचने का सुनहरा मौका होगा। चीन की हान यू को 35 मिनट में हराकर टॉप-8 में पहुंचींपीवी सिंधु वर्ल्ड नंबर-5 चीन की हान यू को हराकर क्वार्टर फाइनल में पहुंची थीं। उन्होंने दूसरे दौर के मुकाबले को महज 35 मिनट में 21-16, 21-14 से जीत लिया। इस जीत के साथ सिंधु ने हान यू के खिलाफ अपना हेड-टू-हेड रिकॉर्ड 8-1 कर लिया। आखिरी में बैडमिंटन के बड़े टूर्नामेंट्स के बारे में जानिए… --------------------------------------------------------- स्पोर्ट्स की यह खबर भी पढ़िए… अर्जेंटीना फुटबॉल वर्ल्डकप फाइनल में, इंग्लैंड हारा, 'फॉकलैंड बैनर' लहराने पर विवाद डिफेंडिंग चैंपियन अर्जेंटीना लगातार दूसरी बार फुटबॉल वर्ल्ड कप के फाइनल में पहुंच गया है। लियोनेल मेसी की टीम ने बुधवार रात को दूसरे सेमीफाइनल में इंग्लैंड को 2-1 से हराया। टीम 85 मिनट 0-1 से पिछड़ रही थी। उसके बाद आखिरी 7 मिनट में दो गोल दागे और जीत हासिल की। फाइनल में उसका मुकाबला 19 जुलाई को स्पेन से होगा। पढ़ें पूरी खबर
न्यू जर्सी। फीफा ने विश्व कप 2026 के फाइनल और तीसरे स्थान के मुकाबले के लिए मैच अधिकारियों की घोषणा कर दी है। 19 जुलाई (स्थानीय समय) को होने वाले अर्जेंटीना और स्पेन के बीच खिताबी मुकाबले में स्लोवेनिया के स्लावको विंचिच रेफरी की भूमिका निभाएंगे। विंचिच के साथ उनके हमवतन टोमाज क्लान्चनिक और आंद्राज कोवाचिच क्रमशः पहले और दूसरे सहायक रेफरी होंगे। अदहम मखादमेह को चौथा अधिकारी और मोहम्मद अलकलाफ को रिजर्व सहायक रेफरी नियुक्त किया गया है। वहीं, इंग्लैंड और फ्रांस के बीच होने वाले तीसरे स्थान के मुकाबले में वेनेजुएला के जीसस वालेंजुएला रेफरी होंगे। उनके साथ जॉर्ज उरेगो और टुलियो मोरेनो सहायक रेफरी की जिम्मेदारी संभालेंगे। जलाल जायेद चौथे अधिकारी और जकारिया ब्रिंसी रिजर्व सहायक रेफरी होंगे। स्पोर्ट्स की अन्य खबरें भी पढ़िए… पेले की जर्सी 42 करोड़ रुपए में नीलाम, 1958 वर्ल्डकप फाइनल में पहनी थी न्यूयॉर्क। ब्राजील के महान फुटबॉलर पेले की 1958 फीफा वर्ल्ड कप फाइनल में पहनी गई जर्सी करीब 42 करोड़ रुपए (49 लाख अमेरिकी डॉलर) में नीलाम हुई है। सोथबीज की नीलामी में यह पेले से जुड़ी अब तक की सबसे महंगी खेल स्मृति (मेमोराबिलिया) बन गई है। नीलामी के दौरान इस जर्सी के लिए 10 बोलियां लगीं और पांच से अधिक बोलीदाताओं ने इसमें हिस्सा लिया। यह फुटबॉल इतिहास की दूसरी सबसे महंगी नीलाम हुई जर्सी बन गई। पहले स्थान पर अर्जेंटीना के महान खिलाड़ी डिएगो मैराडोना की 1986 विश्व कप क्वार्टर फाइनल में इंग्लैंड के खिलाफ पहनी गई जर्सी है, जो 2022 में 93 लाख डॉलर में बिकी थी। ब्राजील की प्रतिष्ठित नंबर-10 जर्सी पहनकर 17 वर्षीय पेले ने 1958 विश्व कप फाइनल में मेजबान स्वीडन के खिलाफ दो गोल किए थे। ब्राजील ने यह मुकाबला 5-2 से जीतकर अपने इतिहास का पहला विश्व कप खिताब जीता था। पेले 1958 वर्ल्ड कप फाइनल में गोल करने वाले सबसे कम उम्र के खिलाड़ी हैं और यह रिकॉर्ड आज भी कायम है। सोथबीज के अनुसार, यही जर्सी 2004 में भी नीलाम हुई थी, तब इसकी कीमत 70,505 पाउंड मिली थी।------------------------------------------------
इंग्लैंड ने दूसरे वनडे में भारत को 4 विकेट से हरा दिया। कार्डिफ के सोफिया गार्डन्स में कई रिकॉर्ड बने और दिलचस्प घटनाएं भी देखने को मिलीं। विराट ने इंग्लैंड के खिलाफ अपना 14वां 50+ स्कोर बनाकर वेस्टइंडीज के दिग्गज सर विवियन रिचर्ड्स की बराबरी कर ली। विराट कोहली और रोहित शर्मा ने इंटरनेशनल क्रिकेट में 8 हजार साझेदारी रन का आंकड़ा भी पार कर लिया। दूसरी ओर, श्रेयस अय्यर का एक शॉट मैदान पर बैठे सीगल पक्षी को लग गया, जिससे कुछ देर खेल भी रुका। IND Vs ENG मैच के टॉप रिकॉर्ड्स मोमेंट्स… 1. रोहित-कोहली ने पूरे किए 8 हजार साझेदारी रन रोहित शर्मा और विराट कोहली इंटरनेशनल क्रिकेट में 8,021 रन की साझेदारी पूरी करने वाली भारत की तीसरी सबसे सफल जोड़ी बन गई। कार्डिफ में दोनों ने दूसरे विकेट के लिए 60 रन जोड़े। इस सूची में सचिन तेंदुलकर-सौरव गांगुली (12,400 रन) पहले और सचिन तेंदुलकर-राहुल द्रविड़ दूसरे स्थान पर हैं। 2. कोहली का इंग्लैंड के खिलाफ 14वां 50+ स्कोर विराट कोहली ने 65 रन की पारी के दौरान इंग्लैंड के खिलाफ अपना 14वां 50+ स्कोर बनाया। इस मामले में उन्होंने वेस्टइंडीज के सर विवियन रिचर्ड्स की बराबरी कर ली। इंग्लैंड के खिलाफ सबसे ज्यादा 15 बार 50+ स्कोर बनाने का रिकॉर्ड श्रीलंका के कुमार संगकारा के नाम है। 3. बुमराह ने पहली गेंद पर डकेट को आउट किया जसप्रीत बुमराह ने इंग्लैंड की पारी की पहली ही गेंद पर बेन डकेट को विकेटकीपर ईशान किशन के हाथों कैच कराया। वह इंग्लैंड के खिलाफ वनडे में पारी की पहली गेंद पर विकेट लेने वाले पहले भारतीय गेंदबाज बन गए। 4. रुट ने कोहली को पीछे छोड़ा जो रूट ने नाबाद 99 रन की पारी खेली। इसके साथ ही वनडे में रन चेज के दौरान उनका बल्लेबाजी औसत 91.59 हो गया। कम से कम 2 हजार रन बनाने वाले बल्लेबाजों में अब उनसे आगे सिर्फ एमएस धोनी (102.71) हैं। विराट कोहली (89.07) तीसरे स्थान पर खिसक गए। रूट वनडे में 99 रन पर नाबाद रहने वाले इंग्लैंड के पहले बल्लेबाज भी बने। मैच के टॉप मोमेंट्स... 1. श्रेयस के शॉट से सीगल पक्षी घायल हुआ भारत की पारी के 33वें ओवर में श्रेयस अय्यर का कवर ड्राइव मैदान पर बैठे एक सीगल पक्षी को लग गया। चोट लगने के बाद पक्षी मैदान पर ही बैठा रहा। इंग्लैंड के खिलाड़ी जैकब बेथेल ने उसे उठाकर बाउंड्री लाइन के बाहर मौजूद स्टाफ को सौंपा। 2. आर्चर और बरार में नोंक-झोक भारतीय पारी के 40वें ओवर में जोफ्रा आर्चर ने गुरनूर बरार पर लगातार बाउंसर फेंके। चौथी गेंद बरार के हाथ पर लगी और उनका बल्ला छूट गया। इसके बाद दोनों खिलाड़ियों के बीच कुछ देर बहस हुई, हालांकि अंपायर के दखल के बाद खेल फिर शुरू हो गया। 3. बुमराह ने एक ओवर में 18 रन बनाए भारतीय पारी के 43वें ओवर में जसप्रीत बुमराह ने बल्ले से शानदार खेल दिखाया। उन्होंने साकिब महमूद के ओवर में 3 चौके और 1 छक्का लगाया। इस ओवर से भारत को 18 रन मिले। 4. बरार की गेंद ब्रुक के हेलमेट पर लगी इंग्लैंड की पारी के 9वें ओवर में गुरनूर बरार की शॉर्ट गेंद हैरी ब्रूक के हेलमेट की ग्रिल पर लगी। इसके बाद खेल कुछ देर के लिए रोकना पड़ा और फिजियो मैदान पर आए। ब्रूक का कनकशन टेस्ट किया गया, हालांकि वह बल्लेबाजी जारी रखने में सफल रहे।
यूटीटी सीजन 7: मौजूदा चैंपियन यू मुंबा की लगातार दूसरी जीत, पुणे जगुआर्स को 9-6 से हराया
मौजूदा चैंपियन यू मुंबा टीटी ने अल्टीमेट टेबल टेनिस (यूटीटी) सीजन 7 में अपनी शानदार वापसी जारी रखी। मुंबा ने गुरुवार को पणजी के पास तलेइगाओ में डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी इंडोर स्टेडियम में महाराष्ट्र की प्रतिद्वंद्वी टीम पीबीजी पुणे जगुआर्स को 9-6 से मात देकर लगातार दूसरी जीत दर्ज की और स्टैंडिंग में शीर्ष पर पहुंच गए।
भारत बनाम इंग्लैंड: विराट कोहली ने एक ही पारी में तोड़े कई बड़े रिकॉर्ड्स
विराट कोहली सेना देशों (साउथ अफ्रीका, इंग्लैंड, न्यूजीलैंड और ऑस्ट्रेलिया) के खिलाफ सर्वाधिक अर्धशतक लगाने वाले भारतीय बन गए हैं। कोहली ने इंग्लैंड के खिलाफ सोफिया गार्डन्स में जारी वनडे सीरीज के दूसरे मुकाबले में 66 गेंदों का सामना करते हुए 8 चौकों के साथ 65 रन बनाए
लॉर्ड्स में भारत और इंग्लैंड के बीच रविवार को होने वाला तीसरा वनडे मुकाबला रोहित शर्मा के इंटरनेशनल करियर का आखिरी मैच साबित हो सकता है। इंडियन एक्सप्रेस के मुताबिक, BCCI की सिलेक्शन कमेटी ने रोहित शर्मा को साफ कर दिया है कि वह 2027 वनडे वर्ल्ड कप की योजना का हिस्सा नहीं हैं। कमेटी ने इंग्लैंड दौरे के दौरान मुख्य कोच गौतम गंभीर के साथ बैठक में उन्हें यह फैसला बताया। हालांकि, बोर्ड ने अभी तक इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं की है। चयनकर्ताओं ने रोहित से कहा कि यशस्वी जायसवाल जैसे युवा खिलाड़ियों को मौके दिए जाएंगे। हालांकि, उन्होंने रोहित पर यह फैसला छोड़ दिया है कि वह संन्यास लेते हैं या चयन के लिए उपलब्ध रहते हैं। इंग्लैंड दौरे पर रोहित का प्रदर्शन भी उम्मीद के मुताबिक नहीं रहा। पहले दो वनडे में उन्होंने 11 और 26 रन बनाए। रिपोर्ट में दावा किया गया है कि फिटनेस पर काम करने के बावजूद रोहित इस फैसले से खुश नहीं हैं और उन्होंने इंग्लैंड दौरे के दौरान BCCI के कुछ अधिकारियों से भी इस बारे में चर्चा की। इन 4 कारणों से खत्म हो सकता है रोहित का करियर 1. रोहित 2027 वर्ल्ड कप तक 40 साल के हो जाएंगे रोहत की उम्र 39 साल 77 दिन है। 2027 वर्ल्ड कप तक उनकी उम्र 40 साल से अधिक हो जाएगी। ऐसे में सिलेक्टर्स उनकी जगह नए खिलाड़ियों को मौका दे सकते हैं। 2. 2027 वर्ल्ड कप के लिए नई टीम तैयार करना चाहते हैं चयनकर्ता रिपोर्ट के मुताबिक चयन समिति अब 2027 वनडे वर्ल्ड कप के लिए नई टीम बनाना चाहती है। इसी वजह से यशस्वी जायसवाल जैसे युवा खिलाड़ियों को लगातार मौके देने की योजना है। टेस्ट में लगातार रन बनाने के बावजूद जायसवाल को वनडे में लंबा इंतजार करना पड़ा है। उन्होंने अफगानिस्तान के खिलाफ आखिरी वनडे में शतक लगाया था। 3. कप्तानी पहले ही शुभमन गिल को मिल चुकी रोहित से पिछले साल वनडे कप्तानी लेकर शुभमन गिल को जिम्मेदारी दी गई थी। इसके बाद से ही संकेत मिलने लगे थे कि चयनकर्ता भविष्य की टीम तैयार करने पर फोकस कर रहे हैं। 4. पहले ही दो फॉर्मेट छोड़ चुके हैं रोहित ने 29 जून 2024 को भारत को टी-20 वर्ल्ड कप जिताने के बाद संन्यास लिया था। इसके बाद 7 मई 2025 को इंग्लैंड दौरे से पहले टेस्ट क्रिकेट को भी अलविदा कह दिया था। भारत को 2 ICC खिताब जिताए रोहित की कप्तानी में भारत 2023 वनडे वर्ल्ड कप के फाइनल तक पहुंचा। उन्होंने टीम को पहले गेंद से अटैक करने की स्ट्रैटिजी सिखाई। इससे वनडे क्रिकेट में भारत का नजरिया बदल गया। इसी टेम्पलेट पर भारत ने 2024 टी-20 वर्ल्ड कप भी जीता। फिर 2025 की चैंपियंस ट्रॉफी जीताई। बतौर कप्तान 103 मैच जीते रोहित शर्मा भारत के सबसे सफल कप्तानों में शामिल हैं। उन्होंने 2017 से 2025 के बीच तीनों फॉर्मेट मिलाकर 142 मैचों में कप्तानी की। इसमें भारत ने 103 मुकाबले जीते। वनडे में उन्होंने 56 मैचों में 42 जीत, टी-20 इंटरनेशनल में 62 मैचों में 49 जीत और टेस्ट में 24 मैचों में 12 जीत दर्ज की। उनकी कप्तानी में भारत ने 2024 टी-20 वर्ल्ड कप और 2025 चैंपियंस ट्रॉफी जीतकर दो ICC खिताब अपने नाम किए। उन्होंने भारत को 2018 और 2023 एशिया कप भी जिताया।
कुछ दिन पहले बोस्टन के एक व्यस्त रेलवे स्टेशन पर ऐसा नजारा दिखा, जिसने लोगों के चेहरे पर मुस्कान ला दी। नॉर्वे के फुटबॉल फैंस चलते एस्केलेटर पर एक के पीछे एक बैठ गए। फिर सभी एक साथ आगे-पीछे झुकते हुए ऐसे हाथ चलाने लगे, जैसे किसी नाव में बैठकर चप्पू चला रहे हों। कुछ ही मिनटों में राहगीर भी रुक गए। किसी ने वीडियो बनाया तो कई लोग भी इस काल्पनिक नाव का हिस्सा बन गए। आमतौर पर रेलवे स्टेशन पर लोग अपनी-अपनी जल्दी में रहते हैं। ऐसे माहौल में यह दृश्य लोगों को परेशान भी कर सकता था, लेकिन हुआ बिल्कुल उल्टा। कुछ देर के लिए पूरा स्टेशन हंसी, उत्साह और साथ होने के एहसास से भर गया। मनोवैज्ञानिक और ‘हाऊ चेंज रियली वर्क्स’ की लेखिका जूलिया धर कहती हैं कि वर्ल्ड कप के दौरान मैदान के बाहर हुई यह छोटी-सी घटना इंसानी जुड़ाव की बड़ी मिसाल है। जब दुनिया अकेलेपन की चुनौती से जूझ रही है, तब ऐसे साझा अनुभव लोगों में अपनापन और जुड़ाव की भावना पैदा करते हैं। सिर्फ नॉर्वे के फैंस ही नहीं, इस वर्ल्ड कप में दूसरे देशों के समर्थक भी अपनी परंपराओं से चर्चा में रहे। भीषण गर्मी के बीच हजारों डच फैंस ने नारंगी कपड़े पहनकर ‘ऑरेंज फैनवॉक’ निकाली, जिसमें रास्ते में मिलने वाले अनजान लोग भी शामिल होते गए। जापानी फैंस ने मैच खत्म होने के बाद स्टेडियम की सफाई की अपनी परंपरा निभाई। इन परंपराओं की शुरुआत किसी खेल संस्था या ब्रांड ने नहीं की, बल्कि फैंस ने खुद मिलकर इन्हें बनाया। जूलिया कहती हैं कि फैंस को किसी ने ऐसा करने का निर्देश नहीं दिया था। उन्होंने खुद यह परंपरा अपनाई और दूसरों को भी इसमें शामिल किया। अपनापन किसी को दिया नहीं जा सकता। यह तभी पैदा होता है, जब लोग किसी काम में साथ मिलकर हिस्सा लेते हैं। इंसान उन्हीं चीजों से सबसे ज्यादा जुड़ाव महसूस करता है, जिनके बनने में उसका योगदान होता है। साझा भागीदारी से पैदा होता है असली लगाव जूलिया कहती हैं कि कई संस्थाएं लोगों को जोड़ने के लिए बड़े कार्यक्रम करती हैं, लेकिन उनका असर अक्सर सीमित रह जाता है। फैन परंपराएं बताती हैं कि असली जुड़ाव साझा भागीदारी से पैदा होता है। हार्वर्ड के आईकिया इफेक्ट भी यही कहता है कि जिन चीजों को बनाने में लोगों की भागीदारी होती है, उनसे उनका लगाव ज्यादा होता है। स्टेडियम में जब लोग साथ गाना गाते हैं या हाथ उठाते हैं, तो वे खुद को भीड़ नहीं, बल्कि बड़े समुदाय का हिस्सा महसूस करते हैं।
पंजाब क्रिकेट एसोसिएशन (PCA) राज्य में क्रिकेट को बढ़ावा देने के लिए नई पहल करने जा रहा है। एसोसिएशन ने आईपीएल की तर्ज पर आयोजित होने वाली 'शेर-ए-पंजाब महाराजा रणजीत सिंह पंजाब टी-20 लीग' के लिए फ्रेंचाइजी मालिकों की तलाश शुरू कर दी है। इसके लिए देश के बड़े कॉरपोरेट घरानों, कंपनियों और उद्योगपतियों को आमंत्रित किया गया है। उम्मीद जताई जा रही है कि इस लीग से राज्य के युवा क्रिकेटरों को अपनी प्रतिभा दिखाने का बेहतर मंच मिलेगा। साथ ही, भविष्य में भारतीय टीम में पंजाब के अधिक से अधिक खिलाड़ियों को जगह मिलने की संभावना भी बढ़ेगी। PCA की ओर से जारी आधिकारिक विज्ञापन में भारतीय क्रिकेट के कई बड़े चेहरे और पंजाब के स्टार खिलाड़ी नजर आ रहे हैं। इनमें शुभमन गिल, अर्शदीप सिंह, अभिषेक शर्मा, हरप्रीत बरार और रमनदीप सिंह शामिल हैं। फैसला पीसीए की गवर्निंग काउंसिल के चेयरमैन के विवेक पर निर्भर पीसीए ने स्पष्ट किया है कि किसी भी प्रस्ताव या रुचि को बिना कारण बताए स्वीकार या अस्वीकार करने का अधिकार उसके पास सुरक्षित रहेगा। इस संबंध में अंतिम फैसला पीसीए की गवर्निंग काउंसिल के चेयरमैन के विवेक पर निर्भर करेगा। अब लीग को 10 पॉइंट्स में जानिए: -
इंग्लैंड के विश्व कप से बाहर होने पर हैरी केन बोले-जीत के दरवाजे तक पहुंचे फिर आखिरी पल हमसे छूट गया
अटलांटा । इंग्लैंड का फीफा वर्ल्ड कप 2026 के फाइनल में खेलने का सपना साकार नहीं हो सका। सेमीफाइनल मुकाबले में इंग्लैंड को अर्जेंटीना के खिलाफ 1-2 से हार का सामना करना पड़ा। टीम की हार से कप्तान हैरी केन बेहद निराश नजर आए।
इंग्लैंड को 2-1 से हराकर लगातार दूसरी बार फाइनल में पहुंचा अर्जेंटीना, स्पेन से होगी खिताबी भिड़ंत
लियोनेल मेसी इस मुकाबले में गोल नहीं कर सके, लेकिन अर्जेंटीना की जीत के सबसे बड़े सूत्रधार साबित हुए। दोनों गोल उनके शानदार पास से बने। पहले उन्होंने एंजो फर्नांडेज को सटीक पास देकर बराबरी का गोल करवाया और फिर इंजरी टाइम में लाउतारो मार्टिनेज को ऐसा मौका दिया जिसे उन्होंने गोल में बदलने में कोई गलती नहीं की।
पीएसए चैलेंजर स्क्वैश: चुआह ने जीता पुरुषों का खिताब, महिलाओं में रौकिया चैंपियन
एचसीएल स्क्वैश पीसीए चैलेंजर टूर-चेन्नई में बुधवार को मलेशिया के जोआचिम चुआह और मिस्र की रौकिया ओथमैन ने खिताब अपने नाम किए
भारत के पास इंग्लैंड के खिलाफ लगातार चौथी वनडे सीरीज जीतने का मौका है। टीम इंडिया ने 2021 में घर पर 2-1, 2022 में इंग्लैंड में 2-1 और 2025 में भारत में 3-0 से सीरीज अपने नाम की थी। तीन मैचों की इस सीरीज में पहला वनडे 6 विकेट से जीतकर टीम 1-0 की बढ़त बना चुकी है। कार्डिफ में भारत और इंग्लैंड के बीच दूसरा मुकाबला खेला जाएगा। मैच शाम 5:30 बजे शुरू होगा। इस मैदान में टीम इंडिया पिछले 15 साल से वनडे नहीं हारी है। भारत को यहां आखिरी हार 2011 में इंग्लैंड के खिलाफ मिली थी। इसके बाद उसने 2013 चैंपियंस ट्रॉफी में साउथ अफ्रीका और श्रीलंका को हराया, जबकि 2014 में इंग्लैंड को 133 रन से मात दी थी। 5 फैक्टर में प्रीव्यू पढ़िए… 1. भारत ने इंग्लैंड के खिलाफ पिछले 6 वनडे जीते दोनों टीमों के बीच 111 मुकाबले खेले गए हैं। भारत ने 62 जीते हैं। इंग्लैंड को 44 में जीत मिली है। 2 मुकाबले टाई और 3 बेनतीजा रहे। भारत ने इंग्लैंड के खिलाफ पिछले 6 मुकाबले जीते हैं। कार्डिफ में इंग्लैंड का रिकॉर्ड बेहतर रहा है। टीम ने 14 में से 10 मुकाबले जीते हैं। 2. गिल और प्रसिद्ध फॉर्म में, बुमराह की वापसी से गेंदबाजी मजबूत 3. रूट ने इंग्लैंड के लिए सबसे ज्यादा रन बनाए 4. पिच और वेदर रिपोर्ट 5. दोनों टीमों में क्या बदलाव हो सकता है? पॉसिबल प्लेइंग-11 भारत: रोहित शर्मा, शुभमन गिल (कप्तान), विराट कोहली, श्रेयस अय्यर, अक्षर पटेल, केएल राहुल (विकेटकीपर), वॉशिंगटन सुंदर, शिवम दुबे, जसप्रीत बुमराह, गुरनूर बरार/अर्शदीप सिंह, प्रसिद्ध कृष्णा। इंग्लैंड: बेन डकेट, जैकब बेथेल, जो रूट, हैरी ब्रूक (कप्तान), जोस बटलर (विकेटकीपर), सैम करन, विल जैक्स, जोफ्रा आर्चर, जोश टंग/ब्रायडन कार्स, साकिब महमूद, आदिल राशिद।
नॉर्डिया ओपन: दूसरे राउंड में पूर्व चैंपियन बोर्जेस ने दिमित्रोव को हराया
नॉर्डिया ओपन के दूसरे राउंड में नूनो बोर्जेस ने ग्रिगोर दिमित्रोव को 6-4, 6-2 से शिकस्त देकर क्वार्टर फाइनल में जगह बनाई। बोर्जेस इस सीजन के अपने चौथे टूर-लेवल क्वार्टर फाइनल में पहुंचे हैं।
फुटबॉल वर्ल्ड कप का दूसरा सेमीफाइनल अर्जेंटीना और इंग्लैंड के बीच अटलांटा स्टेडियम में खेला जा रहा है। मैच के तीसरे मिनट में दोनों टीमों के खिलाड़ी आपस में भिड़ गए। 20वें मिनट तक दोनों टीमें कोई गोल नहीं कर सकी हैं। स्कोर 0-0 से बराबर है। इंग्लैंड के मिडफील्डर इलियट एंडरसन अर्जेंटीना के खिलाड़ी से टक्कर के बाद मैदान पर गिर गए। इसके बाद दोनों टीमों के खिलाड़ियों के बीच नोकझोंक हुई। हालांकि रेफरी ने बीच-बचाव कर मामले को शांत कराया। अर्जेंटीना के कप्तान लियोनेल मेसी इस वर्ल्ड कप में 8 गोल कर गोल्डन बूट की रेस में दूसरे स्थान पर हैं। मुकाबले में एक गोल करते ही वह टूर्नामेंट के टॉप गोल स्कोरर बन जाएंगे। प्लेयर्स आपस में भिड़े, 3 फोटोज… वर्ल्ड कप में छठी बार आमने-सामने दोनों टीमों के बीच अब तक 14 इंटरनेशनल मुकाबले खेले गए हैं। इनमें इंग्लैंड ने 6, जबकि अर्जेंटीना ने 3 मैच जीते हैं। 5 मुकाबले ड्रॉ रहे हैं। वर्ल्ड कप इतिहास में यह दोनों टीमों की छठी भिड़ंत होगी। इससे पहले खेले गए पांच मुकाबलों में इंग्लैंड ने 3 और अर्जेंटीना ने 2 मैच जीते हैं। अर्जेंटीना ने सभी मुकाबले जीते अर्जेंटीना ने इस टूर्नामेंट में सभी 6 मुकाबले जीते हैं। ग्रुप स्टेज में टीम ने अल्जीरिया को 3-0, ऑस्ट्रिया को 2-0 और जॉर्डन को 3-1 से हराया। इसके बाद राउंड ऑफ 32 में काबो वर्डे को 3-2 से मात दी। फिर राउंड ऑफ 16 में मिस्र को 3-2 और क्वार्टर फाइनल में स्विट्जरलैंड को 3-1 से हराया। अगर अर्जेंटीना जीता तो... इस मुकाबले में जीत के साथ ही अर्जेंटीना सातवीं बार फाइनल में पहुंच जाएगा। इससे पहले टीम ने 1978, 1986 और 2022 में खिताब जीता था। वहीं 1930, 1990 और 2014 में टीम रनर-अप रही थी। इंग्लैंड ने क्वार्टर फाइनल में नॉर्वे को हराया था इंग्लैंड ने इस वर्ल्ड कप में 6 मुकाबले खेले हैं। टीम ने 5 मैच जीते, जबकि एक मुकाबला ड्रॉ रहा था। ग्रुप स्टेज में इंग्लैंड ने क्रोएशिया को 4-2 और पनामा को 2-0 से हराया। घाना के खिलाफ मैच 0-0 से ड्रॉ रहा। इसके बाद राउंड ऑफ 32 में टीम ने कांगो डीआर को 2-1 और राउंड ऑफ 16 में मैक्सिको को 3-2 से हराया। फिर क्वार्टर फाइनल में अर्लिंग हालैंड की नॉर्वे को 2-1 से हराया। अगर इंग्लैंड जीता तो... अगर इंग्लैंड यह मुकाबला जीतता है, तो वह 60 साल बाद वर्ल्ड कप का फाइनल खेलेगा। इससे पहले टीम 1966 में फाइनल पहुंची थी। तब टीम ने इकलौती बार वर्ल्ड कप का खिताब अपने नाम किया था। दोनों टीमों की स्टार्टिंग-11 इंग्लैंड: जॉर्डन पिकफोर्ड, जॉन स्टोन्स, मार्क गुएही, रीस जेम्स, जेड स्पेंस, डेक्लन राइस, इलियट एंडरसन, जूड बेलिंघम, मॉर्गन रोजर्स, हैरी केन (कप्तान), एंथनी गॉर्डन। अर्जेंटीना: एमिलियानो मार्टिनेज, निकोलस टैगलियाफिको, लिसांड्रो मार्टिनेज, क्रिस्टियन रोमेरो, नाहुएल मोलिना, लिएंड्रो परेडेस, एलेक्सिस मैक एलिस्टर, एंजो फर्नांडीज, लियोनेल मेसी (कप्तान), जूलियन अल्वारेज, जुलियानो सिमियोने।
ICC ने अपनी एनुअल बैठक में BCCI के सचिव देवजीत सैकिया को गवर्नेंस रिव्यू कमेटी का अध्यक्ष बनाया है। समिति में क्रिकेट साउथ अफ्रीका के डॉ. मोहम्मद मूसाजी और ICC की डॉ. रोस रिवाज भी शामिल हैं। ICC ने फ्रेंचाइजी लीग्स पर निगरानी के लिए एक नई फ्रेंचाइजी लीग कमेटी भी बनाई है। इसकी अध्यक्षता बांग्लादेश के पूर्व कप्तान तमीम इकबाल करेंगे। इस समिति में देवजीत सैकिया के अलावा क्रिकेट नामीबिया के डॉ. रूडी वान वुरेन, इंग्लैंड एंड वेल्स क्रिकेट बोर्ड के रिचर्ड गोल्ड और क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया के टॉड ग्रीनबर्ग शामिल हैं। बैठक में ICC ने आर्थिक संकट से जूझ रहे क्रिकेट वेस्टइंडीज (CWI) को 1.28 करोड़ अमेरिकी डॉलर (करीब 12.82 मिलियन डॉलर) का लोन मंजूर किया। इसके अलावा मॉरीशस को ICC का 111वां सदस्य बनाया गया, जबकि क्रिकेट कनाडा का निलंबन फिलहाल जारी रहेगा। फ्रांस क्रिकेट को सदस्यता नियमों के उल्लंघन पर नोटिस जारी किया गया। स्पोर्ट्स की यह खबर भी पढ़ें…सॉफ्टवेयर इंजीनियर की नौकरी छोड़ पैरा पावरलिफ्टर बनीं जसप्रीत, अब कॉमनवेल्थ गेम्स में खेलेंगी पंजाब की रहने वाली जसप्रीत कौर कभी सॉफ्टवेयर इंजीनियर थीं। तीन साल की उम्र में पोलियो से प्रभावित जसप्रीत ने स्वास्थ्य बिगड़ने और बढ़ते वजन के कारण नौकरी छोड़ दी। फिटनेस के लिए जिम जाना शुरू किया और वहीं से उनकी जिंदगी ने नया मोड़ लिया। 32 साल की जसप्रीत अब ग्लासगो में होने वाले कॉमनवेल्थ गेम्स में भारत की पैरा पावरलिफ्टिंग टीम का हिस्सा हैं। उन्होंने हाल ही में खेलो इंडिया पैरा गेम्स में महिलाओं के 45 किलोग्राम वर्ग में 101 किलोग्राम वजन उठाकर राष्ट्रीय रिकॉर्ड बनाया था। इंडिया U-19 ने श्रीलंका के खिलाफ 3 विकेट पर 372 रन बनाए, लक्ष्य दोहरे शतक के करीब भारत और श्रीलंका अंडर-19 टीमों के बीच खेले जा रहे पहले टेस्ट में भारतीय टीम ने तीसरे दिन का खेल समाप्त होने तक 3 विकेट पर 378 रन बना लिए हैं। भारत अभी पहली पारी में श्रीलंका से 46 रन पीछे है और उसके सात विकेट बाकी हैं। ओपनर लक्ष्य राजेश रायचंदानी 196 रन बनाकर नाबाद हैं। उन्होंने अब तक 306 गेंदों का सामना किया है। भारत को मजबूत शुरुआत सागर विर्क और लक्ष्य की 295 रन की ओपनिंग साझेदारी से मिली। सागर ने 312 गेंदों में 134 रन बनाए। इसके बाद कप्तान यशवर्धन चौहान 6 और कुशाग्र ओझा 24 रन बनाकर आउट हुए। इससे पहले श्रीलंका ने पहली पारी 9 विकेट पर 424 रन बनाकर घोषित की थी, जिसमें सेनुजा वेकुनागोडा ने 233 रन बनाए थे। मैच ड्रॉ की ओर बढ़ता दिख रहा है। दूसरा अनाधिकारिक टेस्ट 20 जुलाई से गॉल में ही खेला जाएगा।
ICC ने मेंस वनडे और टी-20 वर्ल्ड कप के फॉर्मेट में बदलावों को मंजूरी दे दी है। वनडे वर्ल्ड कप में 14 टीमों के साथ नया थ्री-स्टेज फॉर्मेट लागू होगा, जिसमें पहली बार 'सुपर 7' राउंड टूर्नामेंट का मुख्य आकर्षण होगा। वहीं, टी-20 वर्ल्ड कप में 'सुपर 8' की जगह 'सुपर 10' स्टेज खेली जाएगी और सेमीफाइनल में पहुंचने के लिए नए एलिमिनेटर मुकाबले भी जोड़े गए हैं। इसके अलावा, 2028 टी-20 वर्ल्ड कप के लिए नया क्वालिफिकेशन स्ट्रक्चर बनाया गया है। एडिनबर्ग में हुई ICC की वार्षिक आम बैठक (AGM) के बाद बुधवार को नए स्ट्रक्चर की आधिकारिक घोषणा की गई। 14 टीमें लेंगी हिस्सा, सुपर 7 राउंड होगा आकर्षण वनडे वर्ल्ड कप में भाग लेने वाली टीमों की संख्या 14 ही रहेगी, लेकिन इसके फॉर्मेट को थ्री-स्टेज में बदल दिया गया है। नए फॉर्मेट में सबसे पहले 'सुपर सीरीज' खेली जाएगी। इसमें रैंकिंग की आखिरी तीन टीमें (12, 13 और 14) राउंड-रॉबिन फॉर्मेट में आमने-सामने होंगी और टॉप टीम दूसरे राउंड में पहुंचेगी। दूसरे राउंड में 6-6 टीमों के दो ग्रुप होंगे, जिनमें कुल 30 मैच खेले जाएंगे। दोनों ग्रुप की टॉप-3 टीमें और दोनों ग्रुप को मिलाकर अगली बेस्ट (सातवीं) टीम तीसरे राउंड यानी 'सुपर 7' में पहुंचेगी। सुपर 7 में सभी सात टीमें आपस में राउंड-रॉबिन फॉर्मेट में कुल 21 मैच खेलेंगी। इसके बाद टॉप-4 टीमें सेमीफाइनल (1 बनाम 4 और 2 बनाम 3) में पहुंचेंगी, जबकि विजेता टीमें फाइनल खेलेंगी। पुराने फॉर्मेट में दो ग्रुप और सुपर सिक्स स्टेज होती थी पुराने फॉर्मेट में 7-7 टीमों के दो ग्रुप होते थे, जिनमें कुल 42 मैच खेले जाते थे। दोनों ग्रुप की टॉप-3 टीमें सुपर सिक्स में पहुंचती थीं। सुपर सिक्स में 3-3 टीमों के दो ग्रुप बनते थे, जहां कुल 9 मैच खेले जाते थे। इसके बाद दोनों ग्रुप की टॉप-2 टीमें सेमीफाइनल और फिर फाइनल में पहुंचती थीं। टी-20 वर्ल्ड कप में सुपर 8 की जगह सुपर 10 टी-20 वर्ल्ड कप के नए फॉर्मेट में ग्रुप स्टेज में 4-4 टीमों के पांच ग्रुप होंगे, जिनमें कुल 30 मैच खेले जाएंगे। हर ग्रुप से टॉप-2 टीमें अगले दौर में पहुंचेंगी, जिससे कुल 10 टीमें 'सुपर 10' स्टेज में खेलेंगी। सुपर 10 में 5-5 टीमों के दो ग्रुप होंगे और कुल 20 मैच खेले जाएंगे। दोनों ग्रुप की टॉप टीम सीधे सेमीफाइनल में पहुंचेगी। बाकी दो स्थानों के लिए एलिमिनेटर मुकाबले होंगे, जिसमें एक ग्रुप की दूसरे स्थान की टीम का सामना दूसरे ग्रुप की तीसरे स्थान की टीम से होगा। दोनों एलिमिनेटर के विजेता सेमीफाइनल में पहुंचेंगे और इसके बाद फाइनल खेला जाएगा। पुराने फॉर्मेट में सुपर 8 स्टेज होती थी पुराने फॉर्मेट में ग्रुप स्टेज में 5-5 टीमों के चार ग्रुप होते थे, जिनमें कुल 40 मैच खेले जाते थे। हर ग्रुप की टॉप-2 टीमें सुपर 8 में पहुंचती थीं। इसके बाद 4-4 टीमों के दो ग्रुप बनते थे, जिनमें 12 मैच खेले जाते थे। दोनों ग्रुप की टॉप-2 टीमें सीधे सेमीफाइनल और फिर फाइनल में पहुंचती थीं। टी-20 वर्ल्ड कप 2028 का क्वालिफिकेशन स्ट्रक्चर ICC ने 2028 मेंस टी-20 वर्ल्ड कप के लिए नया क्वालिफिकेशन सिस्टम तय किया है। स्कॉटलैंड को सीधे यूरोप रीजनल फाइनल में जगह मिलेगी। वहीं, 2026 टी-20 वर्ल्ड कप खेलने वाली जो टीमें सीधे क्वालिफाई नहीं कर पाई हैं, वे ग्लोबल क्वालिफायर में खेलेंगी। बाकी आठ टीमें रीजनल क्वालिफायर से आएंगी। इसके बाद हर रीजन की टॉप टीम और ओवरऑल रैंकिंग के आधार पर अगली तीन सर्वश्रेष्ठ टीमें 2028 टी-20 वर्ल्ड कप के लिए क्वालिफाई करेंगी।
इरफान पठान की राय, दूसरे वनडे में टीम इंडिया की प्लेइंग इलेवन न बदले
नई दिल्ली, भारत के पूर्व गेंदबाज इरफान पठान का मानना है कि भारतीय टीम को इंग्लैंड के खिलाफ होने वाले दूसरे वनडे मुकाबले में बिना किसी बड़ी वजह के प्लेइंग इलेवन में बदलाव करने से बचना चाहिए।
गंभीर-नेहरा ने सिखाया क्रिकेट- सुंदर ने बल्लेबाजी में सुधार का दिया क्रेडिट
बर्मिंघम, भारत के ऑलराउंडर वॉशिंगटन सुंदर ने इंग्लैंड के खिलाफ पहले वनडे मुकाबले में शानदार बल्लेबाजी करते हुए 63 गेंदों में 52 रनों की दमदार पारी खेली। सुंदर ने हेड कोच गौतम गंभीर और गुजरात टाइटंस के मुख्य कोच आशीष नेहरा को अपनी बैटिंग में बेहतर समझ विकसित करने का श्रेय दिया है।
लॉर्ड्स के 142 साल के इतिहास में खेले गए पहले महिला टेस्ट में भारत की जीत की हीरो रहीं विकेटकीपर-बल्लेबाज यास्तिका भाटिया के लिए यह शतक सिर्फ एक रिकॉर्ड नहीं, बल्कि पूरे परिवार का सपना पूरा होने जैसा था। तीसरी पारी में 158 गेंद पर 113 रन की पारी खेलने के बाद जब यास्तिका ने बैट उठाकर जश्न मनाया तो उनकी आंखों के सामने माता-पिता, बहन और दिवंगत दादाजी की तस्वीर थी। मैच के बाद उन्होंने पिता से फोन पर कहा, ‘पापा, जब मैंने बैट उठाया तो मुझे आप चारों और दादाजी दिख रहे थे, ऐसा लगा जैसे वे मुझे आशीर्वाद दे रहे हों।’ यास्तिका के पिता हरीश भाटिया ने दैनिक भास्कर से बातचीत में बताया कि जब बेटी 91 रन पर थी और लंच ब्रेक हुआ, तब वे मंदिर पहुंचे और भगवान से सिर्फ एक ही प्रार्थना की-'भगवान, आज इसकी सेंचुरी पूरी करवा देना। उनका कहना है कि चोट से वापसी के बाद यह शतक यास्तिका के आत्मविश्वास के लिए बेहद जरूरी था। जैसे ही वह 99 रन पर पहुंची, पूरे परिवार की धड़कनें तेज हो गईं और शतक पूरा होते ही सभी की आंखों से खुशी के आंसू निकल पड़े। वडोदरा के पोलो ग्राउंड से लॉर्ड्स तक का सफर यास्तिका ने क्रिकेट की शुरुआत वडोदरा के पोलो ग्राउंड स्थित यूथ सर्विस सेंटर से की थी। शानदार प्रदर्शन के दम पर पहले बड़ौदा अंडर-19 और फिर सीनियर टीम में जगह बनाई। 2021 में भारतीय टीम में चयन हुआ और 2022 के ऑस्ट्रेलिया दौरे पर उन्होंने टेस्ट, वनडे और टी-20- तीनों फॉर्मेट में डेब्यू किया। पढ़ाई में भी रहीं अव्वल, 10 साल से नहीं खाई चीनी यास्तिका रोज करीब तीन घंटे बल्लेबाजी और विकेटकीपिंग की प्रैक्टिस करती थीं। क्रिकेट के साथ पढ़ाई में भी हमेशा टॉप-3 में रहीं और 12वीं साइंस में 90% अंक हासिल किए। वह पिछले 10 साल से चीनी नहीं खातीं। मिठाइयों से दूर रहती हैं और डाइट में फल, ड्राई फ्रूट्स, नियमित जिम और रनिंग शामिल है। बैडमिंटन और कराटे से क्रिकेट तक का सफर बचपन से ही खेलों में रुचि रखने वाली यास्तिका ने छह साल की उम्र में बैडमिंटन खेलना शुरू किया और जिला स्तर तक खेलीं। इसके बाद कराटे में ब्लैक बेल्ट हासिल की। फिर क्रिकेट को करियर बनाया और शुरू से ही भारत के लिए खेलने का सपना देखा। 12 साल की उम्र में मिला पहला बड़ा मौका यास्तिका के पिता बताते हैं कि आठ साल की उम्र में उन्होंने क्रिकेट शुरू किया, लेकिन 12 साल की उम्र में दिल्ली में टी-20 टूर्नामेंट के लिए चयन के बाद उन्होंने इसे गंभीरता से लिया। उस समय उनकी कोच पूर्णिमा राव ने कहा था, ‘यह लड़की एक दिन भारत के लिए जरूर खेलेगी।’ बाद में कोच गीता गायकवाड़ ने भी यही भरोसा जताया था। सुबह 5 बजे से शुरू होती थी तैयारी यास्तिका रोज सुबह पांच बजे उठकर रनिंग के लिए जाती थीं। स्कूल से लौटने के बाद दोबारा शाम तक अभ्यास करतीं। बड़े होने पर जिम ट्रेनिंग भी शुरू हुई। पिता के मुताबिक, बाद में प्रोफेशनल ट्रेनिंग और कोच किरण के मार्गदर्शन ने उनके खेल को नया आयाम दिया। हार्दिक, क्रुणाल और ईशान से भी मिली सीख रिलायंस क्रिकेट स्टेडियम में अभ्यास के दौरान यास्तिका की मुलाकात हार्दिक पंड्या, क्रुणाल पंड्या और ईशान किशन से हुई थी। तीनों खिलाड़ियों ने उन्हें अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट की तैयारी और मानसिकता को लेकर कई अहम सुझाव दिए। मां बोलीं- 90 रन के बाद हर गेंद पर दिल की धड़कन बढ़ रही थी यास्तिका की मां गरिमा भाटिया ने बताया कि बेटी के 90 रन पार करते ही पूरा परिवार तनाव में था। सभी भगवान से प्रार्थना कर रहे थे कि किसी तरह शतक पूरा हो जाए। जैसे ही सेंचुरी बनी, पूरा परिवार खुशी से झूम उठा और सभी की आंखों में आंसू आ गए। चोट, ऑपरेशन और फिर शानदार वापसी गरिमा ने बताया कि बार-बार लगी चोटों ने यास्तिका का सफर आसान नहीं रहने दिया। चोट के कारण वह घरेलू वर्ल्ड कप भी नहीं खेल सकीं और ऑपरेशन कराना पड़ा। इसके बाद उन्हें शारीरिक और मानसिक रूप से फिर से शुरुआत करनी पड़ी। लेकिन मैदान पर वापसी की उनकी जिद और मेहनत ने आखिरकार उन्हें लॉर्ड्स में ऐतिहासिक शतक तक पहुंचा दिया।
दुनिया के सबसे बड़े शतरंज टूर्नामेंट फिडे वर्ल्ड कप का फॉर्मेट अगले साल से पूरी तरह बदल जाएगा। अब शुरुआत से नॉकआउट मैच नहीं होंगे। पहले सभी खिलाड़ी स्विस लीग खेलेंगे। उसके बाद सिर्फ टॉप-16 खिलाड़ी नॉकआउट में पहुंचेंगे। इससे खिलाड़ियों को ज्यादा मैच खेलने का मौका मिलेगा। जानिए क्या हैं अहम बदलाव फिडे वर्ल्ड कप 2027 में क्या बड़ा बदलाव हुआ है? अब तक फिडे वर्ल्ड कप पूरी तरह नॉकआउट फॉर्मेट में खेला जाता था। 2027 से इसकी शुरुआत स्विस सिस्टम से होगी। ओपन वर्ग में 224 और महिला वर्ग में 128 खिलाड़ी हिस्सा लेंगे। ओपन के खिलाड़ियों को 56-56 के 4 ग्रुप में बांटा जाएगा। हर खिलाड़ी 9 राउंड खेलेगा। इसके बाद हर ग्रुप के टॉप-4 खिलाड़ी नॉकआउट के राउंड ऑफ-16 में पहुंचेंगे। महिला वर्ग में दो ग्रुप होंगे और हर ग्रुप से 8 खिलाड़ी आगे बढ़ेंगी। नया फॉर्मेट क्यों लाया गया? पहले वर्ल्ड कप करीब चार हफ्ते तक चलता था। कई खिलाड़ी पहले ही दो मैच हारकर बाहर हो जाते थे, जबकि कुछ खिलाड़ियों को लगभग एक महीने तक खेलना पड़ता था। फिडे का मानना है कि इतना लंबा टूर्नामेंट खिलाड़ियों और आयोजकों दोनों के लिए मुश्किल हो गया था। नए फॉर्मेट से प्रतियोगिता करीब एक हफ्ते छोटी हो जाएगी और सभी खिलाड़ियों को कम से कम 9 मुकाबले खेलने का मौका मिलेगा। टाइम कंट्रोल और नॉकआउट में क्या बदलाव होगा? स्विस चरण में फास्ट क्लासिकल टाइम कंट्रोल रहेगा। हर खिलाड़ी को पूरे मुकाबले के लिए 45 मिनट मिलेंगे और हर चाल पर 30 सेकंड का अतिरिक्त समय मिलेगा। स्विस चरण सिर्फ पांच दिन में पूरा होगा, जिसमें चार दिन डबल राउंड होंगे। इसके बाद राउंड ऑफ-16 से वही पुराना नॉकआउट फॉर्मेट रहेगा, जिसमें दो क्लासिकल गेम होंगे। बराबरी रहने पर रैपिड और ब्लिट्ज टाईब्रेक से विजेता तय होगा। प्लेयर्स की संख्या और प्राइज मनी में क्या बदलाव है? ओपन वर्ग में खिलाड़ियों की संख्या 206 से बढ़ाकर 224 और महिला वर्ग में 107 से बढ़ाकर 128 कर दी गई है। कुल इनामी राशि भी बढ़ाकर करीब 32 करोड़ रुपए कर दी गई है, जो पहले 26 करोड़ रुपए हुआ करती थी। इसमें ओपन वर्ग के लिए लगभग 22 करोड़ और महिला वर्ग के लिए 10 करोड़ होंगे। हालांकि दोनों वर्गों में विजेता की पुरस्कार राशि पहले की तरह क्रमशः करीब 1.15 करोड़ और 48.1 लाख रुपए ही रहेगी।
तेज गेंदबाज जसप्रीत बुमराह मुंबई इंडियंस के अगले कप्तान बन सकते हैं। हार्दिक पंड्या और टीम में शामिल एक पूर्व भारतीय कप्तान ट्रेड हो सकते हैं। हेड कोच महेला जयवर्धने समेत कोचिंग स्टाफ में भी बदलाव हो सकता है। टाइम्स ऑफ इंडिया की रिपोर्ट के मुताबिक, इन सभी मुद्दों पर अंतिम फैसला अगले हफ्ते इंग्लैंड में होने वाली रीव्यू मीटिंग में लिया जा सकता है। बैठक में अंबानी परिवार और फ्रेंचाइजी के वरिष्ठ अधिकारी शामिल होंगे। पिछले 5 सीजन में मुंबई का प्रदर्शन खराब रहा है। टीम पिछले सीजन में 4 मैच जीतकर 8 अंकों के साथ 9वें स्थान पर रही थी। मुंबई इंडियंस ने अपना पिछला IPL टाइटल 2020 में रोहित शर्मा की कप्तानी में जीता था। फाइनल में दिल्ली को 5 विकेट से हराया था। हार्दिक पंड्या को कप्तान बनाया, लेकिन प्रदर्शन नहीं सुधरा फ्रेंचाइजी ने 27 नवंबर 2023 को हार्दिक पंड्या को ट्रेड करके अपने साथ जोड़ा और फिर कप्तान बनाया था। लेकिन पंड्या की कप्तानी में टीम का प्रदर्शन नहीं सुधरा। ड्रेसिंग रूम में अनबन की स्थिति बनी और कुछ रिपोर्ट्स में गुटबाजी की बातें भी सामने आईं। हालांकि, इस पर टीम या मैनेजमेंट ने कुछ नहीं कहा। ड्रेसिंग रूम में अनबन और लगातार बदलती रणनीतियों का असर टीम के प्रदर्शन पर पड़ा। हार्दिक पंड्या की कप्तानी में मुंबई ने 39 मैच खेले हैं, लेकिन 15 में ही जीत हासिल की है। जसप्रीत बुमराह कप्तानी की रेस में सबसे आगे मुंबई इंडियंस 2027 सीजन के लिए स्थायी कप्तान बनाना चाहती है। टीम अस्थायी या कामचलाऊ कप्तान के साथ आगे नहीं बढ़ना चाहती। कप्तानी की रेस में जसप्रीत बुमराह सबसे आगे हैं। पिछले तीन सीजन में उनका प्रदर्शन लगातार अच्छा रहा है। बुमराह ने IPL 2026 में हार्दिक और सूर्या की गैरमौजूदगी में पंजाब किंग्स के खिलाफ टीम की कमान संभाली है। उस समय उन्होंने कहा था, ‘मैंने कभी नहीं सोचा था कि मुंबई इंडियंस की कप्तानी करने से पहले मैं भारतीय टेस्ट टीम का कप्तान बन जाऊंगा।’ बुमराह के अलावा तिलक वर्मा का नाम भी चर्चा में है, लेकिन टी-20 में उनकी हालिया फॉर्म अच्छी नहीं रही। माना जा रहा है कि कम उम्र में कप्तानी मिलने से उनकी बल्लेबाजी पर असर पड़ सकता है। हार्दिक पंड्या के ट्रेड पर भी नजर मुंबई इंडियंस के ऑलराउंडर और पूर्व कप्तान हार्दिक पंड्या के भविष्य को लेकर चर्चा तेज है। रिपोर्ट्स के मुताबिक, कई IPL फ्रेंचाइजी उन्हें लेना चाहती हैं। अगले हफ्ते होने वाली बैठक के बाद ही हार्दिक के भविष्य की तस्वीर साफ होगी। --------------------------------------------------------------- IPL से जुड़ी यह खबर भी पढ़िए… धोनी CSK के मेंटर बन सकते हैं, सैमसन कप्तानी की रेस में सबसे आगे; कोच फ्लेमिंग ने टीम छोड़ी महेंद्र सिंह धोनी चेन्नई सुपर किंग्स (CSK) के मेंटर बन सकते हैं। हेड कोच स्टीफन फ्लेमिंग के 18 साल बाद टीम छोड़ने के बाद फ्रेंचाइजी बड़े बदलाव की तैयारी में है। सूत्रों के मुताबिक CSK मैनेजमेंट धोनी को मेंटर की जिम्मेदारी सौंपने पर विचार कर रहा है। हालांकि, इस पर अंतिम फैसला उनकी सहमति के बाद ही लिया जाएगा। पढ़ें पूरी खबर
ऑलराउंडर वॉशिंगटन सुंदर ने इंग्लैंड के खिलाफ मैच विनिंग पारी का श्रेय गौतम गंभीर को दिया है। पहले वनडे में केएल राहुल की जगह नंबर-5 पर उतरे वॉशिंगटन ने अक्षर पटेल (57*) के साथ छठे विकेट के लिए 102 रन की नाबाद साझेदारी कर भारत को छह विकेट से जीत दिलाई। नाबाद 52 रन बनाने वाले सुंदर ने जीत के बाद कहा- गौती भाई ने बल्लेबाजी में अपनी क्षमता पहचानने में मेरी मदद की। उन्होंने समझाया कि मैं बैट से टीम के लिए क्या योगदान दे सकता हूं। साथ ही आशीष नेहरा ने भी मुझे अपने खेल और खुद को बेहतर तरीके से समझने में काफी मदद की।' सुंदर की 3 बातें... भारत ने 6 विकेट से जीता मुकाबला, सीरीज में 1-0 से आगे अक्षर के दोहरे प्रदर्शन के दम पर भारत ने 3 वनडे मैचों की सीरीज का पहला मुकाबला 6 विकेट से जीत लिया। एजबेस्टन में 259 रन का पीछा करते हुए भारत ने 45.2 ओवर में 4 विकेट पर 262 रन बनाकर मैच अपने नाम कर लिया। दूसरा मैच 16 जुलाई को कार्डिफ में खेला जाएगा। टीम इंडिया 1-0 की बढ़त पर है। पढ़ें पूरी खबर
ऑलराउंडर वॉशिंगटन सुंदर ने इंग्लैंड के खिलाफ मैच विनिंग पारी का श्रेय गौतम गंभीर को दिया है। पहले वनडे में केएल राहुल की जगह नंबर-5 पर उतरे वॉशिंगटन ने अक्षर पटेल (57*) के साथ छठे विकेट के लिए 102 रन की नाबाद साझेदारी कर भारत को छह विकेट से जीत दिलाई। नाबाद 52 रन बनाने वाले सुंदर ने जीत के बाद कहा- गौती भाई ने बल्लेबाजी में अपनी क्षमता पहचानने में मेरी मदद की। उन्होंने समझाया कि मैं बैट से टीम के लिए क्या योगदान दे सकता हूं। साथ ही आशीष नेहरा ने भी मुझे अपने खेल और खुद को बेहतर तरीके से समझने में काफी मदद की।' सुंदर की 3 बातें... भारत ने 6 विकेट से जीता मुकाबला, सीरीज में 1-0 से आगे अक्षर के दोहरे प्रदर्शन के दम पर भारत ने 3 वनडे मैचों की सीरीज का पहला मुकाबला 6 विकेट से जीत लिया। एजबेस्टन में 259 रन का पीछा करते हुए भारत ने 45.2 ओवर में 4 विकेट पर 262 रन बनाकर मैच अपने नाम कर लिया। दूसरा मैच 16 जुलाई को कार्डिफ में खेला जाएगा। टीम इंडिया 1-0 की बढ़त पर है। पढ़ें पूरी खबर
भारतीय ऑलराउंडर अक्षर पटेल ने कहा कि इंग्लैंड के खिलाफ पहले वनडे में उनकी मैच जिताऊ पारी का राज ताकत के बजाय टाइमिंग पर भरोसा करना था। प्लेयर ऑफ द मैच रहे अक्षर ने कहा कि वे टी-20 सीरीज के दौरान वे गेंद को जरूरत से ज्यादा जोर से मारने की कोशिश कर रहे थे, जबकि वनडे में उन्होंने परिस्थितियों के मुताबिक बल्लेबाजी की। अक्षर ने कहा- ‘एजबेस्टन की पिच शुरुआत में बैटर्स के लिए मुश्किल थी। नए बैटर्स को सेट होने के लिए समय चाहिए था। एक बार सेट होने के बाद हमारा फोकस पार्टनरशिप बिल्ट करने पर था।’ अक्षर ने इंग्लैंड के खिलाफ 52 गेंदों पर 57 रन की अहम पारी खेली और टीम को जीत दिलाई थी। उन्होंने 9.5 ओवर में 4 विकेट भी झटके। इसके लिए उन्हें प्लेयर ऑफ द मैच चुना गया। पिच मुश्किल थी, सेट होने में टाइम लगा : अक्षर अक्षर ने कहा कि एजबेस्टन की पिच शुरुआत में बल्लेबाजों के लिए आसान नहीं थी और नए बल्लेबाज को सेट होने के लिए समय चाहिए था। अक्षर ने कहा, 'जो भी नया बल्लेबाज क्रीज पर आया, उसे शुरुआत में दिक्कत हुई। जो रूट और लियाम डॉसन के लिए भी रन बनाना तब आसान हुआ जब साझेदारी बन गई। ऐसी पिच पर आते ही बड़े शॉट नहीं खेले जा सकते, क्योंकि गेंद स्विंग और सीम दोनों कर रही थी। पहले खुद को समय देना जरूरी था।' सीनियर्स की वापसी से आत्मविश्वास बढ़ा अक्षर ने कहा कि रोहित शर्मा, विराट कोहली, जसप्रीत बुमराह और केएल राहुल जैसे अनुभवी खिलाड़ियों की वापसी से टीम में आत्मविश्वास और सुकून का माहौल बना है। अक्षर ने कहा, 'हम लंबे समय से साथ खेल रहे हैं। हमने साथ में कई मैच जीते और कुछ हारे भी हैं। हर खिलाड़ी अपनी भूमिका अच्छी तरह जानता है। टीम के भीतर अच्छी समझ है और मैदान पर खिलाड़ियों के बीच जो मस्ती और तालमेल दिखता है, वही टीम को सहज माहौल देता है।' भारत ने 6 विकेट से जीता मुकाबला, सीरीज में 1-0 से आगे अक्षर के दोहरे प्रदर्शन के दम पर भारत ने 3 वनडे मैचों की सीरीज का पहला मुकाबला 6 विकेट से जीत लिया। एजबेस्टन में 259 रन का पीछा करते हुए भारत ने 45.2 ओवर में 4 विकेट पर 262 रन बनाकर मैच अपने नाम कर लिया। दूसरा मैच 16 जुलाई को कार्डिफ में खेला जाएगा। टीम इंडिया 1-0 की बढ़त पर है। पढ़ें पूरी खबर
स्पेन का शानदार प्रदर्शन केवल इस मुकाबले तक सीमित नहीं रहा। मार्च 2024 से टीम नियमित समय में लगातार 37 मैचों से अजेय है, जिसमें 28 जीत और नौ ड्रॉ शामिल हैं। यह स्पेन के इतिहास का नया रिकॉर्ड है और 2007 से 2009 के बीच बने 35 मैचों के पिछले रिकॉर्ड से आगे निकल चुका है।
फुटबॉल वर्ल्ड कप में अर्जेंटीना और इंग्लैंड 24 साल बाद आमने-सामने होंगे। दोनों के बीच दूसरा सेमीफाइनल गुरुवार देर रात अटलांटा स्टेडियम में भारतीय समय के हिसाब से 12:30 बजे से खेला जाएगा। वर्ल्ड कप में दोनों की पिछली भिड़ंत 2002 में हुई थी, तब इंग्लैंड ने 1-0 से जीत दर्ज की थी। इस मुकाबले में सबकी नजरें लियोनेल मेसी और हैरी केन पर रहेंगी। मेसी इस वर्ल्ड कप में 8 गोल कर गोल्डन बूट की रेस में दूसरे स्थान पर हैं। वहीं इंग्लैंड के कप्तान हैरी केन अब तक 6 गोल कर चुके हैं। दोनों टीमों के बीच अब तक 14 इंटरनेशनल मुकाबले खेले गए हैं। इनमें इंग्लैंड ने 6, जबकि अर्जेंटीना ने 3 मैच जीते हैं। 5 मुकाबले ड्रॉ रहे हैं। वर्ल्ड कप इतिहास में यह दोनों टीमों की छठी भिड़ंत होगी। इससे पहले खेले गए पांच मुकाबलों में इंग्लैंड ने 3 और अर्जेंटीना ने 2 मैच जीते हैं। अर्जेंटीना ने सभी मुकाबले जीते अर्जेंटीना ने इस टूर्नामेंट में सभी 6 मुकाबले जीते हैं। ग्रुप स्टेज में टीम ने अल्जीरिया को 3-0, ऑस्ट्रिया को 2-0 और जॉर्डन को 3-1 से हराया। इसके बाद राउंड ऑफ 32 में काबो वर्डे को 3-2 से मात दी। फिर राउंड ऑफ 16 में मिस्र को 3-2 और क्वार्टर फाइनल में स्विट्जरलैंड को 3-1 से हराया। अगर अर्जेंटीना जीता तो... इस मुकाबले में जीत के साथ ही अर्जेंटीना सातवीं बार फाइनल में पहुंच जाएगा। इससे पहले टीम ने 1978, 1986 और 2022 में खिताब जीता था। वहीं 1930, 1990 और 2014 में टीम रनर-अप रही थी। इंग्लैंड ने क्वार्टर फाइनल में नॉर्वे को हराया था इंग्लैंड ने इस वर्ल्ड कप में अब तक 6 मुकाबले खेले हैं। टीम ने 5 मैच जीते, जबकि एक मुकाबला ड्रॉ रहा था। ग्रुप स्टेज में इंग्लैंड ने क्रोएशिया को 4-2 और पनामा को 2-0 से हराया। घाना के खिलाफ मैच 0-0 से ड्रॉ रहा। इसके बाद राउंड ऑफ 32 में टीम ने कांगो डीआर को 2-1 और राउंड ऑफ 16 में मैक्सिको को 3-2 से हराया। फिर क्वार्टर फाइनल में अर्लिंग हालैंड की नॉर्वे को 2-1 से हराया। अगर इंग्लैंड जीता तो... अगर इंग्लैंड यह मुकाबला जीतता है, तो वह 60 साल बाद वर्ल्ड कप का फाइनल खेलेगा। इससे पहले टीम 1966 में फाइनल पहुंची थी। तब टीम ने इकलौती बार वर्ल्ड कप का खिताब अपने नाम किया था। दोनों टीमों की पॉसिबल स्टार्टिंग-11: इंग्लैंड: जॉर्डन पिकफोर्ड, काइल वॉकर, जॉन स्टोन्स, मार्क गुएही, कीरन ट्रिपियर, डेकलान राइस, कोबी मेनु, बुकायो साका, जूड बेलिंगहम, फिल फोडेन, हैरी केन। अर्जेंटीना: एमी मार्टिनेज, नाहुएल मोलिना, क्रिस्टियन रोमेरो, निकोलस ओटामेंडी, निकोलस टैगलियाफिको, रोड्रिगो डी पॉल, एन्जो फर्नांडीज, एलेक्सिस मैक एलिस्टर, लियोनेल मेसी, जूलियन अल्वारेज, निकोलस गोंजालेज।
अफगानिस्तान के खिलाफ वनडे सीरीज से पहले आयरलैंड की चाल, जोनाथन ट्रॉट शॉर्ट-टर्म कंसल्टेंट नियुक्त
इंग्लैंड के पूर्व बल्लेबाज जोनाथन ट्रॉट को अफगानिस्तान के खिलाफ वनडे सीरीज के लिए आयरलैंड की पुरुष क्रिकेट टीम का शॉर्ट-टर्म कंसल्टेंट नियुक्त किया गया है। पांच मुकाबलों की यह सीरीज 5-14 अगस्त के बीच खेली जाएगी।
फ्रांस और स्पेन के बीच फुटबॉल वर्ल्ड कप का पहला सेमीफाइनल डलास स्टेडियम में खेला जा रहा है। मैच के 9वें मिनट में स्पेन को बॉक्स के ठीक बाहर फ्री-किक मिली। हालांकि स्पेन गोल नहीं कर सकी। लामिन यमाल को रोकने पर फाउल दिया गया। रेफरी ने फ्रांस के एड्रियन रैबियो को यलो कार्ड दिखाया। फ्रांस के कप्तान किलियन एम्बाप्पे ने मौजूदा वर्ल्ड कप में सबसे ज्यादा 8 गोल कर चुके हैं। वहीं स्पेनिश स्टार लामिन यमाल सिर्फ 1 गोल कर सके हैं। फ्रांस ने सभी मैच जीते फ्रांस ने इस टूर्नामेंट में अपने सभी 6 मुकाबले जीते हैं। ग्रुप स्टेज में फ्रांस ने सेनेगल को 3-1, इराक को 3-0 और नॉर्वे को 4-1 से हराया। इसके बाद राउंड ऑफ 32 में टीम ने स्वीडन के खिलाफ 3-0 से जीत दर्ज की। फिर राउंड ऑफ 16 में पैराग्वे को 1-0 से और क्वार्टर फाइनल में मोरक्को को 2-0 से हराया। अगर फ्रांस जीता तो… अगर फ्रांस यह मैच जीतता है, तो वह लगातार तीसरी बार वर्ल्ड कप फाइनल में पहुंचेगा। इससे पहले उसने 2018 का वर्ल्ड कप जीता था। 2022 में अर्जेंटीना से फाइनल में हार मिली थी। स्पेन टूर्नामेंट में अजेय स्पेन टूर्नामेंट में अब तक कोई मैच नहीं हारा है। टीम ने 6 मैचों में 5 जीत और एक ड्रॉ खेला। ग्रुप स्टेज में स्पेन ने सऊदी अरब को 4-0 और उरुग्वे को 1-0 से हराया। काबो वर्डे से मुकाबला 0-0 से ड्रॉ रहा। राउंड ऑफ 32 में ऑस्ट्रिया के खिलाफ 3-0 से जीता। फिर राउंड ऑफ 16 में पुर्तगाल को 1-0 और क्वार्टर फाइनल में बेल्जियम को 2-1 से हराया। अगर स्पेन जीता तो… स्पेन 2010 में खिताब जीतने के बाद पहली बार वर्ल्ड कप फाइनल खेलेगा। उन्होंने 2010 में नीदरलैंड को 1-0 से हराया था। फ्रांस का अटैक Vs स्पेन का डिफेंस फ्रांस के पास एम्बापे और उस्मान डेम्बेले की अटैकिंग जोड़ी है। एम्बापे के अलावा डेम्बेले टूर्नामेंट में 5 गोल कर चुके हैं। इनके सामने स्पेन का डिफेंस होगी, जिसने टूर्नामेंट में सिर्फ एक गोल खाया है। स्पेन के अटैक का जिम्मा लामिन यमाल और मिकेल मेरिनो संभालेंगे। मेरिनो ने टीम की ओर से सबसे ज्यादा 2 गोल किए हैं। दोनों टीमों की पॉसिबल स्टार्टिंग-11: फ्रांस: माइक मैग्नन, जूल्स कौंडे, उपामेकानो, विलियम सलीबा, थियो हर्नांडेज, चुआमेनी, एड्रियन रैबियो, उस्मान डेमबेले, एंटोनी ग्रीजमैन, बार्कोला, किलियन एम्बापे। स्पेन: डेविड राया, डैनी कार्वहाल, रॉबिन ले नॉर्मैंड, अयामेरिक लापोर्टे, मार्क कुकुरेला, रोड्रि, फैबियन रुइज, पेड्रि, लामिन यमाल, अल्वैरो मोराटा, निको विलियम्स।
तेंदुलकर ने खेले गए ऐतिहासिक महिला टेस्ट को अहम मोड़ बताया
लंदन, भारतीय महिला क्रिकेट टीम ने सोमवार को इंग्लैंड के खिलाफ लॉर्ड्स में खेले ऐतिहासिक टेस्ट मैच को 270 रन से अपने नाम किया।
फीफा विश्व कप का असर बेंगलुरु में होटलों और रेस्टोरेंट पर भी देखने को मिला
बेंगलुरु, फीफा विश्व कप में भारतीय टीम ने क्वालीफाई बेशक न किया हो, लेकिन देश में विश्व कप को लेकर रोमांच कम नहीं है। फैंस रात-रात भर जागकर विश्व कप के मैचों का लुत्फ ले रहे हैं।
भारत बनाम इंग्लैंड: वनडे में जोश टंग का डेब्यू
बर्मिंघम, इंग्लैंड के दाएं हाथ के तेज गेंदबाज जोश टंग ने वनडे फॉर्मेट में डेब्यू किया है। इस 28 वर्षीय खिलाड़ी को भारत के खिलाफ वनडे सीरीज के पहले मैच की प्लेइंग इलेवन में शामिल किया गया है।
हॉकी इंडिया ने यूथ हॉकी 5-एस एशियन चैंपियनशिप के लिए किया टीमों का ऐलान
नई दिल्ली, पहली यूथ हॉकी 5-एस एशियन चैंपियनशिप का आयोजन ओमान की राजधानी मस्कट में 20 से 25 जुलाई के बीच होगा।
दीप्ति के माता-पिता ने बताया महिला टीम की जीत को भारतीय क्रिकेट के लिए गर्व का पल
आगरा, भारतीय महिला क्रिकेट टीम ने लॉर्ड्स में खेले गए ऐतिहासिक टेस्ट में मेजबान इंग्लैंड की टीम को शर्मनाक तरीके से हराया।
फीफा विश्व कप: इंग्लैंड और अर्जेंटीना मैच का परिणाम मिडफील्ड की लड़ाई पर करेगा निर्भर
मुंबई, फीफा विश्व कप 2026 के सेमीफाइनल में अर्जेंटीना और इंग्लैंड की भिड़ंत फुटबॉल की सबसे चर्चित प्रतिद्वंद्विताओं में से एक है।
स्टार बल्लेबाजों की वापसी से टीम इंडिया होगी मजबूत: अभिषेक नायर
नई दिल्ली, भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व सहायक कोच अभिषेक नायर का मानना है कि इंग्लैंड के खिलाफ तीन वनडे मैचों की सीरीज में रोहित शर्मा की वापसी से भारत की बल्लेबाजी मजबूत होगी।
विम्बलडन 2026 का महिला सिंगल्स फाइनल इस बार बेहद खास रहा। इस साल खिताबी मुकाबला चेकिया (चेक रिपब्लिक) की दो स्टार खिलाड़ी- लिंडा नोस्कोवा और कैरोलिना मुचोवा के बीच खेला गया। महज 1.1 करोड़ की आबादी वाला यह छोटा सा यूरोपीय देश महिला टेनिस की दुनिया पर राज कर रहा है। आज दुनिया की टॉप-50 महिला टेनिस खिलाड़ियों में से लगभग 20 प्रतिशत खिलाड़ी अकेले चेकिया से ही आती हैं। हालिया विम्बलडन के टॉप-16 में चार खिलाड़ी इसी देश से थीं। मार्टिना नवरातिलोवा से शुरू हुई थी यह स्वर्णिम परंपरा चेक रिपब्लिक के इस शानदार सफर की शुरुआत महान खिलाड़ी मार्टिना नवरातिलोवा से हुई थी। उन्होंने 18 ग्रैंड स्लैम जीते थे। उनके बाद हाना मंडलिकोवा, जाना नोवोत्ना, पेट्रा क्वितोवा, कैरोलिना प्लिस्कोवा, बारबरा क्राजिकोवा और मार्केटा वोंद्रोसोवा जैसी चैम्पियन खिलाड़ी सामने आईं। 1. एक साथ कई खेलों से लचीला शरीरमुचोवा और नोस्कोवा ने बचपन में टेनिस को अपना इकलौता करियर नहीं बनाया था। मुचोवा के पिता और भाई फुटबॉलर थे, इसलिए वे बचपन में हर तरह के खेल खेलती थीं। नोस्कोवा जिम्नास्टिक व घुड़सवारी समेत 7-8 हॉबीज में व्यस्त रहती थीं। बचपन में मिले इस बहु-आयामी शारीरिक विकास ने बॉडी को लचीला और मानसिक रूप से मजबूत बनाया है। 2. टेक्निक नहीं, अंकों की ट्रेनिंगअमेरिका जैसे देशों में बच्चों को कोर्ट पर घंटों एक ही तरह के शॉट्स मारने का अभ्यास कराया जाता है। इसके उलट, चेक रिपब्लिक में शुरुआत से ही असली पॉइंट्स, गेम्स और सेट्स खिलाए जाते हैं। इससे बच्चे सिर्फ गेंद को ताकत से हिट करना नहीं सीखते, बल्कि यह सीखते हैं कि अंक कैसे बनाए जाते हैं। 3. वीकेंड पर सिंगल्स-डबल्स टूर्नामेंटचेक गणराज्य की टेनिस क्रांति की असली बुनियाद उनके स्थानीय क्लबों और क्ले कोर्ट्स पर टिकी है। क्ले कोर्ट पर खेलने से खिलाड़ियों में धैर्य और शॉट्स की वैरायटी (जैसे स्लाइस और ड्रॉप शॉट्स) विकसित होती है। यहां का लोकल क्लब सिस्टम बेहद मजबूत है, जहां हर वीकेंड पर सिंगल्स और डबल्स की ढेरों प्रतियोगिताएं होती हैं। 4. दिग्गजों के साथ प्रैक्टिस का मौकापुरानी चैम्पियन पीढ़ी नई पीढ़ी का हाथ नहीं छोड़ती। जब क्राजिकोवा 18 साल की थीं, तब उन्होंने दिग्गज जाना नोवोत्ना को पत्र लिखा और नोवोत्ना उनकी कोच बन गईं। जब नोस्कोवा ने 18 साल की उम्र में ग्रास कोर्ट पर कदम रखा, तो पूर्व नंबर-1 डबल्स खिलाड़ी स्ट्राइकोवा ने उनके साथ प्रैक्टिस की।
इंग्लैंड के खिलाफ वनडे सीरीज से ठीक पहले एक बार फिर विराट कोहली और गौतम गंभीर के बीच अनबन की अटकलें लगाई जा रही हैं। इन अटकलों को टाइम्स नॉउ न्यूज की उस रिपोर्ट ने हवा दी है, जिसमें दावा किया गया है कि अनुभवी बैटर विराट कोहली और गौतम गंभीर के बीच बातचीत नहीं हो रही है। वेबसाइट ने प्रैक्टिस सेशन के फोटो और वीडियो फुटेज के आधार पर दावा किया कि कोहली ने गौतम गंभीर को नजरअंदाज किया। वहीं, गंभीर ने ट्रेनिंग के दौरान टीम के लगभग सभी सदस्यों से बात की, लेकिन कोहली से बात करने सुतांशु कोटक को भेजा। प्रैक्टिस सेशन में क्या-क्या हुआ? कोहली ने पहले फील्डिंग ड्रिल्स कीं, उसके बाद सीधे नेट्स में जाकर 30-40 मिनट बल्लेबाजी की। फिर विराट नेट्स से बाहर निकल आए। कोहली जब नेट्स में बैटिंग कर रहे थे तो गंभीर दूर से उन्हें देखते रहे। नेट्स के बाद बैटिंग कोच सिंताशु कोटक ने उनसे जाकर मिले और लंबी बातचीत की। सिर्फ इतना ही नहीं, गंभीर जब टीम के अन्य खिलाड़ियों के संग बातचीत कर रहे थे तो कोहली उन्हें इंग्नोर करते हुए अपने किट बैग के साथ आगे निकल गए। पहले भी कोहली-गंभीर में अनबन के दावे विराट कोहली और गौतम गंभीर के बीच अनबन के दावे पहले भी होते रहे हैं। गंभीर टीम इंडिया का हेड कोच बनने से पहले कई पर कोहली पर बयानबाजी करते दिखे हैं। IPL 2023 में लखनऊ और बेंगलुरु मैच में दोनों के बीच झड़प भी हो गई थी। गिल बोले- विराट 2027 वर्ल्डकप प्लांस का हिस्सा भारतीय कप्तान शुभमन गिल ने मैच से पहले कहा कि विराट कोहली 2027 वनडे वर्ल्ड कप की योजनाओं का महत्वपूर्ण हिस्सा हैं। उन्होंने बताया कि हाल ही में विराट के साथ टीम कॉम्बिनेशन और भविष्य की रणनीति पर चर्चा हुई। गिल ने कहा कि रोहित और विराट का अनुभव टीम के लिए बेहद अहम रहेगा। --------------------------------------------------
शाहीन को LPL खेलने की मंजूरी:PCB ने दिया एनओसी, केंडी रॉयल्स से करेंगे डेब्यू
पाकिस्तान के तेज गेंदबाज शाहीन शाह अफरीदी पहली बार लंका प्रीमियर लीग (LPL) खेलेंगे। PCB ने उन्हें केंडी रॉयल्स के लिए एनओसी दे दिया है। हाल ही में वह वेस्टइंडीज और इंग्लैंड के खिलाफ टेस्ट सीरीज के लिए टीम में नहीं चुने गए थे।खराब टेस्ट फॉर्म के बाद शाहीन का फोकस अब वनडे और टी-20 पर है। उन्होंने टी-20 इंटरनेशनल में पाकिस्तान के लिए सबसे ज्यादा 136 विकेट लिए हैं। LPL 17 जुलाई से शुरू होगी। केंडी रॉयल्स अपना पहला मुकाबला 18 जुलाई को दांबुला सिक्सर्स के खिलाफ खेलेगी। स्पोर्ट्स की यह खबर भी पढ़ें… पहली बार आईसीसी टूर्नामेंट्स में खेल सकेगी अफगान महिला रिफ्यूजी टीम ICC ने पहली बार अफगान महिला रिफ्यूजी क्रिकेट टीम के लिए ICC टूर्नामेंट्स में पहुंचने का रास्ता तय किया है। इसके तहत टीम 2030 तक ICC इवेंट्स में जगह बनाने की दौड़ में शामिल हो सकती है। हालांकि, ACB (अफगानिस्तान क्रिकेट बोर्ड)की मान्यता नहीं होने के कारण टीम अफगानिस्तान के नाम से नहीं खेलेगी। BCCI समेत तीन बोर्ड करेंगे मदद ICC की स्पेशल टास्कफोर्स में BCCI, क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया और ECB शामिल हैं। यह खिलाड़ियों के लिए ट्रेनिंग और मैचों की योजना तैयार करेगी।2021 में तालिबान के सत्ता में आने के बाद महिला क्रिकेट पर रोक लग गई थी। इसके बाद अधिकांश खिलाड़ी देश छोड़कर ऑस्ट्रेलिया, कनाडा और ब्रिटेन चली गईं। जनवरी 2025 में टीम ने मेलबर्न में पहला मैच खेला।

