एशियन गेम्स 2026 का फाइनल मुकाबला भारत और पाकिस्तान के बीच कोरोगी स्पोर्ट्स पार्क में खेला जा रहा है। गोल्ड मेडल के लिए खेले जा रहे मुकाबले में ईशान किशन ने 18 गेंदों में 20 रन बनाए। भले ही ईशान इस मैच में बड़ी पारी खेलने में नाकाम रहे, लेकिन उन्होंने ऐतिहासिक उपलब्धि हासिल कर ली है।
पाकिस्तान के खिलाफ गोल्ड मेडल मैच में अभिषेक शर्मा और वैभव सूर्यवंशी की ओपनिंग जोड़ी ने टीम इंडिया को काफी तेज शुरुआत दी जिसमें टी20 इंटरनेशनल में पाकिस्तानी टीम की तरफ से डेब्यू कर रहे साद मसूद के एक ओवर में दोनों ने मिलकर कुल 24 रन बना दिए।
भारतीय महिला गोल्फर प्रणवी उर्स ने शानदार प्रदर्शन करते हुए एशियन गेम्स में स्वर्ण पदक जीता। वह महिला व्यक्तिगत स्पर्धा में गोल्ड जीतने वाली पहली भारतीय गोल्फर हैं। आइए जानते हैं कौन हैं प्रणवी उर्स और कैसा रहा है उनका करियर...
Aman Sehrawat और Antim Panghal एशियाई कुश्ती के फाइनल में पहुंचे
नागोया, तीन अक्टूबर ओलंपिक कांस्य पदक विजेता अमन सहरावत और अंतिम पंघाल ने एशियाई खेलों की कुश्ती प्रतियोगिता में शनिवार को यहां क्रमशः पुरुषों के 57 किलोग्राम और महिलाओं के 53 किलोग्राम वर्ग के फाइनल में प्रवेश किया। पिछले एशियाई खेलों के कांस्य पदक विजेता अमन ने पुरुषों के 57 किलोग्राम वर्ग के सेमीफाइनल में ताजिकिस्तान के ऐयाल बेलोल्यूब्स्की को 14-8 से हराया और स्वर्ण पदक के मुकाबले में उनका सामना अब उत्तर कोरिया के चोंग सोंग हान से होगा। हांगझोउ एशियाई खेलों में कांस्य पदक जीतने वाली अंतिम ने भी महिलाओं के 53 किलोग्राम वर्ग में फाइनल में जगह बनाई। उन्होंने सेमीफाइनल में चीन की जिन झांग को 6-1 से हराया। फाइनल में उनका मुकाबला 2024 की विश्व चैंपियन मो कियोका से होगा। इससे पहले दोनों भारतीय पहलवान ने अपने शुरुआती मुकाबलों में भी शानदार प्रदर्शन किया। अमन ने जापान के यामातो ओगावा पर 20-9 की तकनीकी श्रेष्ठता से जीत के साथ अपने अभियान की शुरुआत की और फिर क्वार्टर फाइनल में कजाकिस्तान के नुरदानत ऐतानोव को हराया। अंतिम ने कजाकिस्तान की शुगिला ओमिरबेक पर 9-0 की शानदार जीत के साथ शुरुआत की और फिर क्वार्टर फाइनल में उज्बेकिस्तान की साकिबजमाल एस्बोसीनोवा को हराया। भारत के अन्य खिलाड़ियों में दीपक पूनिया ने पुरुषों के 97 किलोग्राम वर्ग में चीन के जुनपेंग झोउ पर 12-2 की तकनीकी श्रेष्ठता से जीत हासिल की। इसके बाद उन्हें हांगकांग के विंसेंट फंग वुई ली से वॉकओवर मिला जिससे वह सेमीफाइनल में जगह बनाने में सफल रहे। लेकिन अंतिम चार में उज्बेकिस्तान के शेरजोद पोयोनोव से 8-9 से हारने के बाद वह फाइनल में जगह बनाने से चूक गए और अब कांस्य पदक के लिए मुकाबला करेंगे। सागर जगलान ने पुरुषों के 74 किलोग्राम वर्ग में मंगोलिया के तुलगा तुमुर ओचिर पर 8-1 से जीत हासिल करके के क्वार्टर फाइनल में प्रवेश किया, लेकिन अंतिम आठ में ईरान के योनेस इमामिचोगेई से हार गए। जगलान ने बाद में अपना रेपेचेज राउंड उज्बेकिस्तान के रज़ामबेक जामालोव के खिलाफ 7-3 से जीता और अब वह कांस्य पदक के लिए मुकाबला करेंगे। मनीषा भानवाला महिला 65 किलोग्राम वर्ग के पदक की दौड़ से बाहर हो गईं। उन्होंने कोरिया की यंगजिन क्वोन को पिनफॉल से हराया लेकिन क्वार्टर फाइनल में जापान की ओलंपिक चैंपियन अकारी फुजिनामी से 0-3 से हार गईं। फुजिनामी फाइनल में नहीं पहुंच सकी, जिससे मनीषा की पदक की उम्मीद भी समाप्त हो गई।
महिला हॉकी टीम के स्वर्ण पदक जीता
पुरी, भारतीय महिला हॉकी टीम की जीत के बाद अंतरराष्ट्रीय सैंड आर्टिस्ट मानस कुमार साहू ने शनिवार को ओडिशा के पुरी स्थित अपने स्टूडियो में एक अनूठी कलाकृति बनाई। उन्होंने शानदार उपलब्धि से भारत का मान बढ़ाने के लिए टीम को बधाई दी।
पूर्व निशानेबाज Rajeshwari Kumari चुनी गईं OCA Athletes Committee की सदस्य
नागोया, तीन अक्टूबर पूर्व भारतीय निशानेबाज राजेश्वरी कुमारी को शनिवार को दक्षिण एशिया के प्रतिनिधि के रूप में एशियाई ओलंपिक परिषद (ओसीए) की एथलीट समिति में शामिल किया गया। ओसीए एथलीट समिति में अन्य तीन क्षेत्रीय पदों के लिए एशियाई खेलों के दौरान चुनाव कराए गए। राजेश्वरी के नामांकन को पहले ही ओसीए के कार्यकारी बोर्ड से मंजूरी मिल गई थी। पश्चिम एशिया (एक महिला खिलाड़ी), मध्य एशिया (एक पुरुष खिलाड़ी), पूर्वी एशिया (एक पुरुष खिलाड़ी) और दक्षिण पूर्व एशिया (एक महिला खिलाड़ी) से एक-एक प्रतिनिधि का चयन करने के लिए चुनाव कराए गए। पिछले एशियाई खेलों में 34 वर्षीय राजेश्वरी ने महिला ट्रैप टीम स्पर्धा में रजत पदक जीता था। उन्होंने 2024 में ओलंपिक खेलों में भी भाग लिया था। राजेश्वरी ओसीए के पूर्व प्रमुख रणधीर सिंह की बेटी हैं। वह निशानेबाजी में सफल करियर के बाद अंतरराष्ट्रीय ओलंपिक समिति के सदस्य भी बने थे।
वैभव सूर्यवंशी का विकेट लेने के बाद उछल रहे थे सैम अयूब, अभिषेक शर्मा ने निकाल दी सारी ऐंठ
भारत और पाकिस्तान की टीम के बीच में खेले जा रहे एशियन गेम्स 2026 के गोल्ड मेडल मैच में वैभव सूर्यवंशी का विकेट लेने के बाद सैम अयूब काफी खुश हो रहे थे, लेकिन इसके बाद अभिषेक शर्मा ने उनकी ऐंठ को निकाल दिया।
2027 वनडे विश्व कप क्रिकेटरों की नई पीढ़ी को प्रेरित करेगा: एबी डिविलियर्स
दक्षिण अफ्रीका के पूर्व कप्तान एबी डिविलियर्स को उम्मीद है कि 2027 पुरुष वनडे विश्व कप देश के क्रिकेटरों की नई पीढ़ी को प्रेरित करेगा। उन्होंने बताया कि कैसे 2003 में देश में हुए एडिशन ने 19 साल की उम्र में इंटरनेशनल क्रिकेट खेलने की चाहत रखने वाले उनके शुरुआती सफर को आकार दिया। दक्षिण अफ्रीका 2 अक्टूबर से 21 नवंबर, 2027 तक जिम्बाब्वे और नामीबिया के साथ 50 ओवर के इस मेगा इवेंट को को-होस्ट करेगा।
भारतीय महिला हॉकी टीम ने स्वर्ण जीतकर एशियन गेम्स में अपने अभियान का अंत शानदार तरीके से किया। अब पुरुष हॉकी टीम के पास लगातार दूसरी बार स्वर्ण जीतने का मौका है। पुरुष हॉकी टीम का फाइनल में सामना मलयेशिया से है।
लुआन-ड्रे प्रीटोरियस ने खेली टी20 की सबसे बड़ी पारी : दक्षिण अफ्रीका
नई दिल्ली, वेस्टइंडीज के पूर्व कप्तान क्रिस गेल की टी20 क्रिकेट में खेली गई सबसे बड़ी पारी का 13 साल पुराना रिकॉर्ड टूट गया है। दक्षिण अफ्रीका के लुआन-ड्रे प्रीटोरियस ने सीएसए टी20 चैलेंज टूर्नामेंट के दौरान क्रिस गेल का रिकॉर्ड तोड़ा।
T20 Cricket Record: 188 रन की तूफानी पारी, लुआन ड्री प्रिटोरियस ने क्रिस गेल का 13 साल पुराना रिकॉर्ड तोड़ा
गोल्ड से ज्यादा LA 2028 Olympics के लिए सीधा टिकट मायने रखता है: Savita Punia
(अजय मसंद)काकामिगाहारा (जापान), तीन अक्टूबर भारत की अनुभवी गोलकीपर सविता पूनिया का मानना है कि भारत के एशियाई खेलों में महिला हॉकी स्वर्ण पदक के 44 साल के इंतजार को खत्म करने से कहीं अधिक 2028 में लॉस एंजिलिस में होने वाले ओलंपिक खेलों के लिए क्वालीफाई करना मायने रखता है। भारतीय महिला टीम ने शुक्रवार को फाइनल में गत चैंपियन और ओलंपिक रजत पदक विजेता चीन को 1-0 से हराकर न केवल स्वर्ण पदक के लंबे इंतजार को खत्म किया, बल्कि ओलंपिक के लिए भी क्वालीफाई किया। सविता ने शुक्रवार को भारत की ऐतिहासिक जीत के बाद कहा, ‘‘जब हमारी नई टीम (मुख्य कोच शाेर्ड मारिन के नेतृत्व में) यहां पहुंची तो हमारे दिमाग में केवल एक ही बात थी कि हमें लॉस एंजिलिस के लिए क्वालीफाई करना है। हम जानते थे कि भारत ने आखिरी बार एशियाई खेलों में स्वर्ण पदक 44 साल पहले जीता था, लेकिन इतिहास से ज्यादा हमारा ध्यान सीधे ओलंपिक के लिए क्वालीफाई करने पर था।’’उन्होंने कहा, ‘‘हम ओलंपिक के लिए सीधे क्वालीफाई करना चाहते थे ताकि हमें तैयारी करने और लॉस एंजिलिस में बेहतर प्रदर्शन करने के लिए डेढ़ साल का समय मिल सके और उम्मीद है कि हम वहां पदक जीतने में सफल रहेंगे।’’भारतीय महिला टीम पेरिस ओलंपिक के लिए क्वालीफाई नहीं कर पाई थी। उसने ओलंपिक क्वालीफायर में अच्छा प्रदर्शन किया था लेकिन मामूली अंतर से चूक गईं। इससे टीम को कड़ा सबक मिला और वह लॉस एंजिलिस ओलंपिक के लिए क्वालीफाई करने के लिए प्रतिबद्ध थी। सविता ने कहा, ‘‘हमने पेरिस क्वालीफायर में बहुत अच्छा प्रदर्शन किया, लेकिन हमारी टीम में कुछ युवा खिलाड़ी थे जिनमें अनुभव की कमी थी। हम क्वालीफाई नहीं कर पाए और उसी दिन हमने फैसला किया कि हमें लॉस एंजिलिस के लिए सीधे क्वालीफाई करना ही होगा। आपने कई इंटरव्यू में हमें यह कहते हुए सुना होगा कि हमारा मुख्य लक्ष्य ओलंपिक के लिए सीधे क्वालीफाई करना था।’सविता ने शिविर को बीच में ही छोड़कर चले जाने के बाद मारिन के उन पर दिखाए गए विश्वास के लिए भी आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा, ‘‘मैं निजी कारणों से शिविर छोड़कर चली गई थी, लेकिन कोच ने मुझे वापस बुलाया और मुझ पर भरोसा जताया। मुझे वे सभी पल याद हैं। मुझे बहुत विश्वास के साथ वापस लाया गया था। मैं जानती थी कि मुझे इस टीम के लिए कुछ करना होगा।’’साथी गोलकीपर बिछू देवी के साथ उनके संबंध भी भारतीय टीम के लिए महत्वपूर्ण साबित हुए। सविता ने कहा, ‘‘हमारा रिश्ता बहुत मजबूत है और यही हमारी ताकत है। हम प्रतिद्वंद्वी नहीं हैं। हम प्रतिस्पर्धी हैं जो साथ मिलकर अभ्यास करते हैं। जब बिछू गोल में खड़ी होती है, तो वह भारत के लिए खड़ी होती है। जब मैं वहां खड़ी होती हूं, तो मैं भी भारत के लिए खड़ी होती हूं।’’उन्होंने कहा, ‘‘मैंने हमेशा उसे अपनी छोटी बहन की तरह माना है और वह मुझे अपनी बड़ी बहन की तरह मानती है। वह बहुत मेहनती है और उसकी पृष्ठभूमि भी मेरी जैसी ही है। मैं उसके खेल का बहुत सम्मान करती हूं।
Asian Games Final Live Score:भारत का स्कोर 82/2, 6.1 ओवर में रोमांचक मुकाबला, अभिषेक शर्मा ने संभाली भारत की पारी, अर्धशतक के करीब
Pranavi Urs ने Asian Games में रचा इतिहास, महिला गोल्फ में जीता पहला व्यक्तिगत गोल्ड
नागोया, तीन अक्टूबर प्रणवी उर्स एशियाई खेलों में स्वर्ण पदक जीतने वाली पहली भारतीय महिला गोल्फर बन गई जिन्होंने आखिरी दौर में एक स्ट्रोक की बढत बरकरार रखकर यह ऐतिहासिक उपलब्धि अर्जित की और टीम को भी रजत दिलाया। मैसूर की 23 वर्ष की प्रणवी ने तीसरे होल में ट्रिपल बोगी करने के बाद तीन बर्डी लगाये। आखिरी दौर में उन्होंने इवन पार 70 स्कोर किया और चार दिन में कुल स्कोर 15 अंडर 265 रहा। चीन की यिन रूओनिंग ने रजत पदक जीता जबकि सिंगापुर की शैनोन टैन को कांस्य पदक मिला। प्रणवी ने जीत के बाद कहा ,‘‘ मुझे कुछ उपलब्धि हासिल करने वाली पहली खिलाड़ी बनना पसंद है। लोग आगे भी जीतेंगे लेकिन पहली बार जीतने वाला पहला ही होता है।’’प्रणवी, ओलंपियन अदिति अशोक (आखिरी दौर में 67) और दीक्षा डागर (आखिरी दौर में 77) की टीम ने रजत पदक जीता। भारत ने 14 अंडर 546 स्कोर किया। चीन ने 22 अंडर 538 के स्कोर के साथ स्वर्ण पदक जीता। अदिति एक डबल बोगी और एक बोगी के बाद लगातार पांच बर्डी लगाकर संयुक्त 14वें स्थान पर रही जबकि दीक्षा संयुक्त 23वें स्थान पर रही। भारत के लिये शिव कपूर ने 2002 बुसान खेलों में पुरूष गोल्फ का स्वर्ण पदक जीता था। यह 1982 दिल्ली एशियाई खेलों के बाद गोल्फ में भारत का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन है। उस समय गोल्फ में लक्ष्मण सिंह ने व्यक्तिगत पुरूष स्वर्ण जीता था जबकि अमित लूथरा और राजीव मोहता के साथ टीम वर्ग में भी पीला तमगा हासिल किया था।
साउथ अफ्रीका के लुआन-ड्रे प्रिटोरियस टी-20 क्रिकेट में एक मैच में सबसे ज्यादा रन बनाने वाले बल्लेबाज बन गए हैं। उन्होंने ब्लोमफॉन्टेन में साउथ अफ्रीका की घरेलू T20 प्रतियोगिता CSA टी-20 चैलेंज में टाइटंस की ओर से खेलते हुए नाइट्स के खिलाफ 79 गेंद में नाबाद 188 रन बनाए। प्रिटोरियस ने 13 छक्के और 15 चौके लगाए। उनकी पारी की मदद से टाइटंस ने 20 ओवर में 3 विकेट पर 267 रन बनाए। जवाब में नाइट्स की टीम 17.2 ओवर में 143 रन पर ऑलआउट हो गई। टाइटंस ने मैच 124 रन से जीता। क्रिस गेल का 175* रन का रिकॉर्ड तोड़ा प्रिटोरियस ने वेस्टइंडीज के दिग्गज क्रिस गेल का 13 साल पुराना रिकॉर्ड तोड़ा। गेल ने 2013 IPL में रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु की ओर से पुणे वॉरियर्स के खिलाफ नाबाद 175 रन बनाए थे। प्रिटोरियस ने अपना 176वां रन पूरा करते ही गेल के रिकॉर्ड को पीछे छोड़ दिया। अब पुरुषों के टी-20 क्रिकेट में एक पारी में सबसे ज्यादा रन बनाने का रिकॉर्ड उनके नाम है। प्रिटोरियस की पारी का स्ट्राइक रेट 237.97 रहा। उन्होंने अपनी पारी में बाउंड्री से ही 138 रन बनाए। 24 गेंद में फिफ्टी, 40 में शतक प्रिटोरियस ने सिर्फ 24 गेंद में फिफ्टी पूरी की। इसके बाद अगले 16 गेंद में 50 रन बनाकर 40 गेंद में शतक पूरा किया। उन्होंने 58 गेंद में 150 रन का आंकड़ा पार कर लिया था। वे टी20 क्रिकेट में दोहरा शतक लगाने से सिर्फ 12 रन दूर रह गए। 20 ओवर पूरे होने के कारण उन्हें 188 रन पर नाबाद लौटना पड़ा। 79 गेंद की उनकी पारी पुरुषों के टी20 क्रिकेट में सबसे ज्यादा गेंद खेलने वाली पारियों में शामिल हो गई। उन्होंने इस मामले में एरॉन फिंच और मार्कस स्टोइनिस की बराबरी की। टाइटंस का दूसरा सबसे बड़ा स्कोर प्रिटोरियस की पारी के दम पर टाइटंस ने 267/3 का स्कोर बनाया। यह CSA टी-20 चैलेंज के इतिहास का दूसरा सबसे बड़ा टीम स्कोर है। टूर्नामेंट का सबसे बड़ा स्कोर भी टाइटंस के नाम है। उसने 2022 में नाइट्स के खिलाफ 271/3 रन बनाए थे। उस मैच में डिवाल्ड ब्रेविस ने 162 रन बनाए थे, जो अब तक इस प्रतियोगिता की सबसे बड़ी व्यक्तिगत पारी थी। प्रिटोरियस ने 188 रन बनाकर ब्रेविस का रिकॉर्ड भी तोड़ दिया। नाइट्स 143 रन पर सिमटी 268 रन के लक्ष्य का पीछा करने उतरी नाइट्स ने तेज शुरुआत की। टीम ने पहले 2 ओवर में 33 रन बनाए। जैक्स स्नाइमन ने 12 गेंद में 32 रन बनाए, लेकिन तीसरे ओवर की पहली गेंद पर उनके आउट होने के बाद टीम की रन गति धीमी हो गई। नाइट्स की पूरी टीम 17.2 ओवर में 143 रन पर ऑलआउट हो गई। टाइटंस ने 124 रन से मैच जीत लिया। लगातार तीसरे बड़े स्कोर के साथ पहुंचे यह प्रिटोरियस का 2026-27 CSA टी-20 चैलेज सीजन का पहला मैच था। हालांकि वे इससे पहले भी शानदार फॉर्म में थे। सितंबर में जिम्बाब्वे और नामीबिया के साथ हुई ट्राई सीरीज में उन्होंने पिछले दो मैचों में 94 और 101 रन बनाए थे। प्रिटोरियस अब तक 91 T20 मैच खेल चुके हैं। इस फॉर्मेट में उनका स्ट्राइक रेट 150.44 है। उन्होंने अब तक तीनों फॉर्मेट में 22 इंटरनेशनल मैच खेले हैं। कौन हैं लुआन-ड्रे प्रिटोरियस? 20 साल के प्रिटोरियस साउथ अफ्रीका के बाएं हाथ के ओपनिंग बल्लेबाज और विकेटकीपर हैं। उनका जन्म 27 मार्च 2006 को हुआ था। उन्होंने 2024 अंडर-19 वर्ल्ड कप में साउथ अफ्रीका के लिए सबसे ज्यादा रन बनाए थे। इसके बाद 2025 SA20 सीजन में पार्ल रॉयल्स के लिए उन्होंने 397 रन बनाए और टूर्नामेंट के टॉप स्कोरर रहे। 2025 में जिम्बाब्वे के खिलाफ टेस्ट डेब्यू के बाद उन्होंने अपनी दूसरी टेस्ट पारी में 153 रन बनाए थे। CSA टी-20 चैलेंज क्या है? CSA टी-20 चैलेंज साउथ अफ्रीका की घरेलू T20 प्रतियोगिता है। इसमें देश की घरेलू टीमें हिस्सा लेती हैं। इसी टूर्नामेंट में प्रिटोरियस ने टाइटंस की ओर से खेलते हुए टी20 क्रिकेट की सबसे बड़ी व्यक्तिगत पारी का रिकॉर्ड बनाया
एशियाई खेलों में भारतीय गोल्फ़ के लिए शनिवार का दिन ऐतिहासिक और अविस्मरणीय साबित हुआ। मैसूर की होनहार गोल्फ़र प्रणवी उर्स ने एशियाई खेलों में गोल्फ़ स्पर्धा का स्वर्ण पदक जीतकर नया इतिहास रच दिया है। वह एशियाई खेलों के इतिहास में महिला गोल्फ़ में स्वर्ण पदक (Gold Medal) जीतने वाली पहली भारतीय एथलीट बन गई हैं। उनके इस शानदार प्रदर्शन की बदौलत भारतीय महिला गोल्फ़ टीम ने रजत पदक (Silver Medal) भी अपने नाम किया। प्रणवी उर्स एशियाई खेलों में गोल्ड मेडल जीतने वाली पहली भारतीय महिला इसे भी पढ़ें: Asian Games | 17 वर्षीय कुमकुम मोहाद ने रचा इतिहास, महिला रिकर्व तीरंदाजी में जीता भारत का पहला स्वर्ण पदक प्रणवी उर्स एशियाई खेलों में गोल्ड मेडल जीतने वाली पहली भारतीय महिला गोल्फर बनकर इतिहास रच दिया। उन्होंने टूर्नामेंट के आखिर में कड़ी चुनौती का सामना करते हुए एक स्ट्रोक की बढ़त के साथ जीत हासिल की और भारत को टीम सिल्वर मेडल दिलाने में मदद की। उन्होंने शानदार 15-अंडर-पार 265 के स्कोर के साथ देश को टीम सिल्वर मेडल भी दिलाया। वह एशियाई खेलों में गोल्फ़ में गोल्ड जीतने वाली पहली भारतीय महिला बनीं। उन्होंने फ़ाइनल राउंड में अपना संयम बनाए रखा और महिला गोल्फ़ में एशियाई खेलों की चैंपियन बनीं, जिससे भारत को ऐतिहासिक गोल्ड मेडल मिला! भारतीय महिला टीम ने भी गोल्फ़ टीम इवेंट में 14-अंडर 546 के स्कोर के साथ सिल्वर मेडल जीता। भारतीय तिकड़ी - प्रणवी उर्स, अदिति अशोक और दीक्षा डागर - सिल्वर मेडल के साथ घर लौटेंगी। इसे भी पढ़ें: Kurash खिलाड़ी Yash Kumar Chauhan प्रतिबंधित दवाओं के सेवन में दोषी, अस्थायी रूप से निलंबित मैसूर की इस गोल्फर ने तीसरे होल पर ट्रिपल बोगी के कारण अपनी तीन-स्ट्रोक की बढ़त गंवाने के बाद तेज़ी से वापसी की। हालांकि, उन्होंने तीन बर्डीज़ के साथ अपने राउंड को संभाला और टॉप स्थान की दौड़ में बनी रहीं। इसे भी पढ़ें: Asian Games 2026 में महिला हॉकी टीम ने जीता स्वर्ण, CM Yogi Adityanath ने दी बधाई इसके अलावा, उर्स ने फ़ाइनल राउंड में इवन-पार 70 का स्कोर किया और चार दिनों के बाद 15-अंडर 265 के स्कोर के साथ टूर्नामेंट खत्म किया, जो उनके निकटतम प्रतिद्वंद्वियों से एक स्ट्रोक बेहतर था। भारत के टीम सिल्वर मेडल जीतने में प्रणवी उर्स के स्कोर ने भी अहम भूमिका निभाई, जिसमें अदिति अशोक ने 67 और दीक्षा डागर ने फ़ाइनल राउंड में 77 का स्कोर किया। टीम स्टैंडिंग के लिए दो सर्वश्रेष्ठ स्कोर गिने जाते हैं, जिससे भारत का स्कोर 14-अंडर 546 रहा, जबकि चीन ने 22-अंडर 538 के स्कोर के साथ गोल्ड मेडल जीता। एशियाई खेलों में उर्स की जीत 2002 में शिव कपूर के पुरुष व्यक्तिगत खिताब जीतने के बाद से भारत का पहला एशियाई खेलों का गोल्फ़ गोल्ड मेडल था।
एशियन गेम्स: भारतीय टीम ने पाकिस्तान के खिलाफ टॉस जीतकर बल्लेबाजी चुनी
निशिन, 3 अक्टूबर (आईएएनएस)। एशियन गेम्स 2026 में पुरुष क्रिकेट का फाइनल मुकाबला भारत और पाकिस्तान के बीच खेला जा रहा है। इस रोमांचक मैच में भारतीय क्रिकेट टीम के कप्तान श्रेयस अय्यर ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करने का फैसला किया है।
महिला हॉकी टीम के स्वर्ण पदक जीतने पर सैंड आर्टिस्ट मानस साहू ने 44 मिनट में बनाई अनोखी कलाकृति
पुरी, 3 अक्टूबर (आईएएनएस)। भारतीय महिला हॉकी टीम की जीत के बाद अंतरराष्ट्रीय सैंड आर्टिस्ट मानस कुमार साहू ने शनिवार को ओडिशा के पुरी स्थित अपने स्टूडियो में एक अनूठी कलाकृति बनाई। उन्होंने शानदार उपलब्धि से भारत का मान बढ़ाने के लिए टीम को बधाई दी।
BREAKING : Asian Games 2026 Live Update: 17 साल की कुमकुम ने रचा इतिहास, रिकर्व इंडिविजुअल में भारत को दिलाया गोल्ड
भारतीय तीरंदाजी के इतिहास में एक नया और स्वर्णिम अध्याय जुड़ गया है। महज 17 वर्ष की तीरंदाज कुमकुम मोहाद ने एशियाई खेलों की महिला व्यक्तिगत रिकर्व स्पर्धा में असाधारण धैर्य और कौशल का परिचय देते हुए स्वर्ण पदक अपने नाम कर लिया है। इसके साथ ही वह एशियाई खेलों की व्यक्तिगत रिकर्व स्पर्धा में पदक (और स्वर्ण) जीतने वाली पहली भारतीय महिला तीरंदाज बन गई हैं। रोमांचक शूटआउट में कोरियाई दिग्गज को दी मात फाइनल मुकाबला बेहद कड़ा और रोमांच से भरा रहा। दक्षिण कोरिया की ओ येजिन के खिलाफ नियमित सेट के बाद स्कोर 5-5 से बराबरी पर था। इसके बाद मुकाबला ‘शूटआउट’ में गया, जहां दबाव के क्षणों में कुमकुम ने गजब का संयम दिखाया। कुमकुम ने शूटआउट में परफेक्ट 10 का स्कोर किया, जबकि येजिन केवल 8 का स्कोर ही बना सकीं। इस शानदार निशाने के साथ कुमकुम ने स्वर्ण पदक अपने नाम कर लिया। पेरिस और ओलंपिक कोटा पर कब्जा फाइनल में पहुंचने से पहले ही कुमकुम ने देश के लिए एक और बड़ी उपलब्धि हासिल की थी। सेमीफाइनल में चीन की जिंगयी झू को हराकर फाइनल में प्रवेश करने के साथ ही कुमकुम ने लॉस एंजिलिस ओलंपिक 2028 के लिए भारत का कोटा स्थान भी सुरक्षित कर लिया। नियम के अनुसार, यह कोटा स्थान देश को मिलता है। इससे पहले चीन की जिंगयी झू को हराकर फाइनल में पहुंचने के साथ कुमकुम ने लॉस एंजिलिस ओलंपिक 2028 के दो कोटा स्थानों में से एक हासिल कर लिया। यह कोटा देश को मिलता है। कुमकुम ने झू को 28-27, 30-30, 29-29, 29-28 से हराया और महिला व्यक्तिगत स्पर्धा में पदक पक्का करने वाली पहली भारतीय रिकर्व तीरंदाज बन गई। कुमकुम ने पहला सेट 9, 10 और 9 के स्कोर से जीता। दूसरे सेट में दोनों तीरंदाजों ने तीनों निशाने इनर 10 में लगाये। तीसरा सेट भी बराबरी पर रहा। आखिरी सेट में कुमकुम ने 29 . 28 से जीत दर्ज की। इससे पहले उन्होंने विश्व चैम्पियन कांग चाएयंग को क्वार्टर फाइनल में 6 . 4 से हराया था। कुमकुम ने महिला रिकर्व टीम का स्वर्ण भी अंकिता भकत और कीर्ति शर्मा के साथ जीता था। इसके बाद धीरज बोम्मदेवरा के साथ मिश्रित जोड़ी का रजत जीता। A HISTORIC FIRST FOR INDIAN ARCHERY! Congratulations to Kumkum Anil Mohod on winning India's first-ever GOLD in the Recurve Women’s Individual event at #AsianGames2026 ! This phenomenal triumph also secures a direct ticket to the LA 2028 Olympics. #Cheer4Bharat pic.twitter.com/TVzt8TKeOU — Dr Mansukh Mandaviya (@mansukhmandviya) October 3, 2026
IPL 2027 Trade: अभिषेक शर्मा के सनराइजर्स हैदराबाद छोड़ने की चर्चा, इन टीमों की नजरें
IPL 2027 Trade: अभिषेक शर्मा के सनराइजर्स हैदराबाद छोड़ने की चर्चा, इन टीमों की नजरें
नागोया में चल रहे एशियन गेम्स में भारतीय कुराश खिलाड़ी यश कुमार चौहान का डोप टेस्ट पॉजिटिव आया है। 24 साल के यश के 27 सितंबर को लिए गए डोप सैंपल में तीन प्रतिबंधित पदार्थ मिले हैं। इसके बाद एशियन ओलिंपिक काउंसिल (OCA) ने उन्हें तत्काल प्रभाव से प्रोविजनल सस्पेंड कर दिया है। अब वे एशियन गेम्स से जुड़ी किसी भी खेल गतिविधि में हिस्सा नहीं ले सकेंगे। सैंपल में 3 प्रतिबंधित पदार्थ मिले इंटरनेशनल टेस्टिंग एजेंसी (ITA) के अनुसार, यश का डोप सैंपल 27 सितंबर को प्रतियोगिता के दौरान लिया गया था। जांच में उनके सैंपल में मीटैंडिएनोन, GW1516 और मेफेंटरमाइन मिले। ये तीनों पदार्थ खेलों में प्रतिबंधित हैं। मीटैंडिएनोन एक स्टेरॉयड है, जबकि GW1516 और मेफेंटरमाइन भी वाडा की प्रतिबंधित पदार्थों की सूची में शामिल हैं। इसे डोप सैंपल में प्रतिबंधित पदार्थ पाए जाने की पुष्टि माना जाता है। B सैंपल की जांच करा सकते हैं यश कुमार चौहान को अपने B सैंपल की जांच कराने का अधिकार है। वे अपने प्रोविजनल सस्पेंशन को कोर्ट ऑफ आर्बिट्रेशन फॉर स्पोर्ट्स (CAS) के एंटी-डोपिंग डिविजन में चुनौती भी दे सकते हैं। B सैंपल की जांच के बाद मामले में आगे की कार्रवाई एंटी-डोपिंग नियमों के तहत होगी। इसलिए अभी यश के मामले में अंतिम फैसला होना बाकी है। 27 सितंबर को ही मुकाबला हारकर बाहर हुए थे यश ने एशियन गेम्स में पुरुषों के 90 किग्रा वर्ग में हिस्सा लिया था। 27 सितंबर को राउंड ऑफ 16 के मुकाबले में उन्हें तजाकिस्तान के शाकर्ममद मिरमामदोव से हार मिली थी। इसके साथ ही वे प्रतियोगिता से बाहर हो गए थे। एशियन गेम्स में कुराश की स्पर्धाएं 26 से 29 सितंबर तक हुई थीं। कुराश में भारत को मिला एक मेडल भारत को इस बार कुराश में एक मेडल मिला। पिंकी बलहारा ने महिलाओं के 78 किग्रा वर्ग में ब्रॉन्ज मेडल जीता। डोप टेस्ट में AAF क्या होता है? किसी खिलाड़ी के डोप सैंपल में प्रतिबंधित पदार्थ मिलने पर इसे डोप सैंपल में प्रतिबंधित पदार्थ पाए जाने की पुष्टि माना जाता है। इसके बाद खिलाड़ी को B सैंपल की जांच कराने और मामले में अपना पक्ष रखने का अधिकार होता है। अंतिम कार्रवाई एंटी-डोपिंग प्रक्रिया पूरी होने के बाद तय की जाती है। --------------------------------------- स्पोर्ट्स की यह खबर भी पढ़ें… पाकिस्तान से पिछले 6 टी-20 नहीं हारा भारत:आज पहली बार एशियन गेम्स में भिड़ेंगे; 383 दिन और 6 क्रिकेट मैच से हाथ नहीं मिलाया एशियन गेम्स में मेंस क्रिकेट का फाइनल आज भारत और पाकिस्तान के बीच खेला जाएगा। मुकाबला सुबह 10:30 बजे से शुरू होगा। दोनों के बीच खेले गए पिछले 6 टी-20 में हर बार भारत जीता है। पाकिस्तान ने आखिरी बार 2022 एशिया कप में भारत को हराया था। पूरी खबर
जापान के आइची-नागोया में चल रहे 20वें एशियाई खेलों के 14वें दिन भारत का शानदार अभियान लगातार नई ऊंचाइयों को छू रहा है। शनिवार तक भारत ने 17 स्वर्ण, 25 रजत और 35 कांस्य सहित कुल 77 पदकों के साथ मेडल टैली में 5वां स्थान हासिल कर लिया है।
खेल डेस्क। एशियन गेम्स 2026 के 14वें दिन आज 17 साल की तीरंदाज कुमकुम मोहोद ने गोल्ड मेडल जीतकर इतिहास रच दिया है। कुमकुम महिलाओं की रिकर्व इंडिविजुअल्स कैटेगरी में स्वर्ण पदक जीतने वाली पहली भारतीय महिला बनी हैं। कुमकुम ने गोल्ड के मुकाबले में साउथ कोरिया की ओह ये जिन को शूटआउट में शिकस्त दी। तीरंदाजी में ये भारत का पांचवां गोल्ड है। भारत अब तक एशियन गेम्स के इस संस्करण में कुल 77 मेडल अपने नाम कर चुका है। इनमें 17 गोल्ड, 25 सिल्वर और 35 ब्रॉन्ज शामिल हैं। शूट-ऑफ में ओह ये जिन ने 8 का निशाना लगाया, जबकि कुमकुम ने 10 अंक हासिल कर गोल्ड जीता। महिला रिकर्व फाइनल के पांचवें सेट में भारत की कुमकुम मोहोड ने शानदार प्रदर्शन करते हुए तीनों तीरों पर 10-10 अंक अपने नाम किए। वहीं साउथ कोरिया की ओह ये जिन 9-9-9 ही हासिल कर सकी। कुमकुम ने सेट 30-27 से जीता। पांच सेट के बाद स्कोर 5-5 से बराबर रहने से गोल्ड के लिए शूट-ऑफ का सहारा लिया गया। आज पुरुष क्रिकेटर और हॉकी में है गोल्ड की उम्मीद इसमे भारतीय तीरंदाज ने बाजी मारी। भारत को आज भी कई गोल्ड मिलने की उम्मीद है। क्रिकेट में भारतीय टीम का सामना गोल्ड के मुकाबले में पाकिस्तान से होगा। इस मैच में भारतीय टीम को गोल्ड का मजबूत दावेदार माना जा रहा है। वहीं पुरुष हॉकी टीम से भी आज गोल्ड की उम्मीद है। पुरुष हॉकी के फाइनल में भारत की टक्कर मलेशिया से होगी। ये मैच दोपहर साढे़ तीन बजे से शुरू होगा। PC:Twitter अपडेट खबरों के लिए हमारा वॉट्सएप चैनल फोलो करें
नई दिल्ली, 3 अक्टूबर (आईएएनएस)। वेस्टइंडीज के पूर्व कप्तान क्रिस गेल की टी20 क्रिकेट में खेली गई सबसे बड़ी पारी का 13 साल पुराना रिकॉर्ड टूट गया है। दक्षिण अफ्रीका के लुआन-ड्रे प्रीटोरियस ने सीएसए टी20 चैलेंज टूर्नामेंट के दौरान क्रिस गेल का रिकॉर्ड तोड़ा।
कुमकुम की इस ऐतिहासिक जीत की बदौलत एशियाई खेलों में भारत के पदकों की कुल संख्या बढ़कर 77 हो गई है। इसमें 17 स्वर्ण, 25 रजत और 35 कांस्य पदक शामिल हैं। तीरंदाजी स्पर्धा में यह भारत का 5वां गोल्ड मेडल है, जो वैश्विक तीरंदाजी में भारतीय तीरंदाजों के लगातार बढ़ते दबदबे को प्रमाणित करता है।
भारत और ब्राजील की मेंस फुटबॉल टीमें शनिवार को पहली बार आमने-सामने होंगी। मुकाबला कोलकाता के साल्ट लेक स्टेडियम में रात 7:30 बजे से खेला जाएगा। 5 बार की वर्ल्ड चैंपियन ब्राजील की टीम में विनिसियस जूनियर, एंड्रिक, मारक्विन्होस, गैब्रियल मैगलहाएस और ब्रूनो गिमाराएस जैसे खिलाड़ी शामिल हैं। FIFA की रैंकिंग में ब्राजील 5वें और भारत 138वें नंबर पर है। यह फीफा वर्ल्ड रैंकिंग शुरू होने के बाद भारत के सामने उतरने वाली सबसे ऊंची रैंकिंग वाली टीम है। इससे पहले भारत ने 1995 में 9वें नंबर की रूस और 1998 में जापान का सामना किया था। दूसरी ओर, भारत 1998 के बाद ब्राजील का सबसे निचली रैंकिंग वाला विपक्षी है। ब्राजील ने आखिरी बार इतने निचली रैंक वाली टीम के खिलाफ 1998 में एंडोरा के खिलाफ खेला था। भारत ने पिछले मैच में 44वीं रैंक वाली पनामा को रोका भारत ने पिछले मैच में 44वीं रैंक वाली पनामा टीम को 1-1 से ड्रॉ पर रोका था। बेंगलुरु में हुए इस मुकाबले में रयान विलियम्स ने पहले हाफ में भारत को बढ़त दिलाई थी। दूसरे हाफ में ओमर वालेंसिया ने पनामा के लिए बराबरी का गोल किया। भारत 6 अक्टूबर को इसी साल्ट लेक स्टेडियम में उरुग्वे के खिलाफ भी खेलेगा। गुरप्रीत, रयान और मनवीर पर नजर भारत की टीम की कमान गोलकीपर गुरप्रीत सिंह संधू के पास है। उनके अलावा अनवर अली, अनिरुद्ध थापा, सहल अब्दुल समद, मनवीर सिंह और रयान विलियम्स अहम विकल्प हैं। पनामा के खिलाफ गोल करने वाले रयान से एक बार फिर भारत को अटैक में उम्मीद होगी। गुरप्रीत ने मुकाबले से पहले कहा है कि भारतीय टीम ब्राजील के खिलाफ सिर्फ फोटो खिंचाने के लिए नहीं उतर रही, बल्कि मुकाबले के लिए उतरेगी। कोलकाता में ब्राजील का अलग क्रेज भारत में ब्राजील की सबसे बड़ी फैन फॉलोइंग वाले शहरों में कोलकाता भी शामिल है। शहर में ब्राजील की पीली जर्सी और झंडों का क्रेज दशकों पुराना है। ब्राजील की टीम के भारत आने के साथ यह फुटबॉल जुनून एक बार फिर दिखाई दे रहा है। ब्राजील के कप्तान मारक्विन्होस ने भी कहा कि टीम भारत में मौजूद अपने बड़े फैन बेस के लिए खेलना चाहती है। दोनों देशों की टीम भारत- एल्बिनो गोम्स, गुरप्रीत सिंह संधू, प्रभसुखन सिंह गिल, सोम कुमार, अभिषेक सिंह टेकचाम, आकाश मिश्रा, अनवर अली, बिजॉय वर्गीज, हमिंगथनमाविया राल्टे, जय गुप्ता, प्रेमवीर, रिकी मीतेई हाओबाम, अनिरुद्ध थापा, आशिक कुरुनियन, फारुख चौधरी, लालेंगमाविया राल्टे, मैकार्टन निकसन, मोहम्मद सनान, रिकी शाबोंग, सहल अब्दुल समद, एडमंड लालरिंदिका, इरफान यदवाड़, मनवीर सिंह, रहीम अली, रयान विलियम्स और विक्रम प्रताप सिंह। ब्राजील- ह्यूगो सूजा, पेड्रो मोरिस्को, ओटावियो, आर्थर डायस, डगलस सैंटोस, गैब्रियल मागाल्हाएस, जैयर, मार्किन्होस, माथ्यूजिन्हो, माउरो जूनियर, विटोर रीस, वेस्ली, आंद्रे सैंटोस, ब्रेनो बिडोन, ब्रूनो गिमाराएस, डानिलो सैंटोस, डगलस लुइज, गैब्रियल बोंटेम्पो, मार्टिनेली, एंड्रिक, एस्टेवाओ, पेड्रो, रयान, सैमुअल लिनो और विनिसियस जूनियर। कहां देख सकेंगे भारत में इसकी लाइव स्ट्रीमिंग सोनीलिव पर और टीवी प्रसारण सोनी स्पोर्ट्स नेटवर्क पर होगी। ------------------मैच से जुड़ी यह खबर भी पढ़ें…ब्राजील फुटबॉल टीम अपने शेफ के साथ भारत आईडाइट में तेल कम, मछली पर खास जोर; कल कोलकाता में फ्रेंडली मैच ब्राजील फुटबॉल टीम अपने शेफ और न्यूट्रिशनिस्ट के साथ भारत आई है। टीम को 3 अक्टूबर को कोलकाता में साल्ट लेक स्टेडियम में भारत के खिलाफ फ्रेंडली मैच खेलना है। पढ़ें पूरी खबर…
कुमकुम मोहोद ने महिला इंडिविजुअल रिकर्व में दक्षिण कोरिया की येजिन ओह को शूट ऑफ में हराकर भारत को स्वर्ण दिलाया। वह इस स्पर्धा में भारत का पहला पदक जीतने वाली तीरंदाज बनीं।
Asian Games 2026 India Medal Tally LIVE: कुमकुम महोद ने भारत के लिए 17वां गोल्ड मेडल जीता
Asian Games 2026 India Medal Tally LIVE: कुमकुम महोद ने भारत के लिए 17वां गोल्ड मेडल जीता। भारत के खाते में अब कुल 77 मेडल हो गए हैं, जिसमें 25 सिल्वर और 35 ब्रॉन्ज भी शामिल हैं।
Kurash खिलाड़ी Yash Kumar Chauhan प्रतिबंधित दवाओं के सेवन में दोषी, अस्थायी रूप से निलंबित
नागोया, तीन अक्टूबर भारतीय कुराश खिलाड़ी यश कुमार चौहान एशियाई खेलों में 27 सितंबर को प्रतियोगिता के दौरान लिये गए नमूने में प्रतिबंधित पदार्थ के सेवन के दोषी पाये गए हैं और उन्हें तुरंत प्रभाव से अस्थायी तौर पर निलंबित कर दिया गया है। एशियाई ओलंपिक परिषद ने शनिवार को एक बयान में कहा ,‘‘ एशियाई ओलंपिक परिषद (ओसीए) की ओर से अंतराष्ट्रीय टेस्टिंग एजेंसी (आईटीए) ने रिपोर्ट दी है कि कुराश खिलाड़ी यश कुमार चौहान (भारत) प्रतिबंधित पदार्थ मेंटेंडिएनोन मेटाबोलाइट्स, जीडब्ल्यू1516 मेटाबोलाइट्स , मेफेंटरमाइन और इसके मेटाबोलाइट के सेवन के दोषी पाये गए हैं।’’विश्व डोपिंग रोधक एजेंसी (वाडा) की प्रतिबंधित पदार्थों की सूची में मेटेंडिएनोन को एस 1.1 एनाबोलिक एंड्रोजेनिक स्टेरॉयड (एएएस) के तौर पर प्रतिबंधित किया गया है। यह हर समय (मुकाबले के दौरान और उसके बाहर भी) प्रतिबंधित है और यह एक अनिर्दिष्ट पदार्थ है। यह एक शक्तिशाली एनाबोलिक स्टेरॉयड है जो टेस्टोस्टेरोन का स्तर बढ़ाता है, जिससे मांसपेशियों का आकार, सहनशक्ति और ताकत बढ़ती है। बयान में कहा गया ,‘‘ खिलाड़ी को इस मामले के बारे में बता दिया गया है और उसे तुरंत प्रभाव से अस्थायी तौर पर निलंबित कर दिया गया है। वह एशियाई खेल आइची नागोया 2026 में किसी प्रतियोगिता में भाग लेने , ट्रेनिंग, कोचिंग या किसी गतिविधि में भागीदारी से प्रतिबंधित रहेगा।
Kumkum Mohad ने तीरंदाजी में रचा इतिहास, Olympic quota हासिल कर फाइनल में पहुंचीं
नागोया, तीन अक्टूबर एशियाई खेलों में अपना पदक अभियान जारी रखते हुए 17 वर्ष की कुमकुम मोहाद चीन की जिंगयी झू को हराकर शनिवार को महिला व्यक्तिगत रिकर्व तीरंदाजी के फाइनल में पहुंच गई। फाइनल में पहुंचने के साथ कुमकुम ने लॉस एंजिलिस ओलंपिक 2028 के दो कोटा स्थानों में से एक हासिल कर लिया। यह कोटा देश को मिलता है। कुमकुम ने झू को 28-27, 30-30, 29-29, 29-28 से हराया और महिला व्यक्तिगत स्पर्धा में पदक पक्का करने वाली पहली भारतीय रिकर्व तीरंदाज बन गई। कुमकुम ने पहला सेट 9, 10 और 9 के स्कोर से जीता। दूसरे सेट में दोनों तीरंदाजों ने तीनों निशाने इनर 10 में लगाये। तीसरा सेट भी बराबरी पर रहा। आखिरी सेट में कुमकुम ने 29 . 28 से जीत दर्ज की। इससे पहले उन्होंने विश्व चैम्पियन कांग चाएयंग को क्वार्टर फाइनल में 6 . 4 से हराया था। कुमकुम ने महिला रिकर्व टीम का स्वर्ण भी अंकिता भकत और कीर्ति शर्मा के साथ जीता था। इसके बाद धीरज बोम्मदेवरा के साथ मिश्रित जोड़ी का रजत जीता।
भारतीय पहलवान सुजीत 65 किग्रा वर्ग में जापान के ओलंपिक चैंपियन कोतारो कियूका को हराने के इरादे से एशियन गेम्स पहुंचे थे। सोनीपत में उनकी खास तैयारी काम आई और सेमीफाइनल में कियूका को हराया।
एशियन गेम्स के आखिरी दौर में भारत के लिए 3 अक्टूबर का दिन बेहद अहम है। क्रिकेट में पाकिस्तान के खिलाफ गोल्ड मेडल मैच, हॉकी में मलेशिया से मुकाबला और कुश्ती, तीरंदाजी, ताइक्वांडो व गोल्फ में पदक की उम्मीदें रहेंगी।
Asian Games 2026 Live Updates: अब पुरुष हॉकी टीम से गोल्ड की उम्मीद, आर्चरी में भी पदकों पर नजरें
एशियन गेम्स 2026 में महिला हॉकी टीम के गोल्ड मेडल जीतने के बाद अब आज पुरुष हॉकी टीम से भी ऐसे ही कारनामे की उम्मीद की जा रही है। वहीं इसके अलावा आर्चरी में व्यक्तिगत रिकर्व इवेंट में भी पदक आने की उम्मीद की जा रही है।
टीम इंडिया से गोल्ड की आस, हॉकी-कुश्ती में भी बरसेंगे मेडल
Asian Games 2026 Day 14 Live Updates: आइची-नागोया एशियन गेम्स 2026 का आज (3 अक्टूबर) 14वां दिन है. आज भारतीय खिलाड़ी क्रिकेट, तीरंदाजी, वॉलीबॉल, सेलिंग, हॉकी, कुश्ती, रग्बी सेवन्स, गोल्फ और ताइक्वांडो की स्पर्धाओं में अपना दमखम दिखा रहे हैं. एशियन गेम्स में 14वें दिन के एक्शन से जुड़े अपडेट्स के लिए हमारे साथ बने रहिए.
वैभव-ईशान की आएगी आंधी, PAK का पिटना तय, फाइनल में ये होगी प्लेइंग-11
भारत और पाकिस्तान के बीच शनिवार (3 अक्टूबर) को एशियन गेम्स 2026 का गोल्ड मेडल मैच होना है. यह मुकाबला भारतीय समयानुसार सुबह 10 बजे शुरू होगा. वहीं इससे ठीक आधे घंटे पहले यानी सुबह 9 बजकर 30 मिनट पर टॉस होगा, सवाल है कि इस मुकाबले में भारत और पाकिस्तान की इस मैच में प्लेइंग 11 कैसी होगी.
एशियन गेम्स 2026 में भारत का आज आखिरी दिन है। भारतीय विमेंस हॉकी टीम के गोल्ड जीतने के बाद अब मेंस हॉकी टीम की नजरें देश के लिए सोना जीतने पर होंगी। टीम फाइनल में दोपहर 3:30 बजे से मलेशिया से भिड़ेगी। अगर भारतीय हॉकी टीम गोल्ड जीतती है तो टीम पहली बार एशियन गेम्स में बैक टू बैक गोल्ड जीतेगी। इससे पहले 2023 एशियन गेम्स में भी टीम ने सोना जीता था। साथ ही उसे 2028 में होने वाले लॉस एंजिल्स ओलिंपिक में भी इंट्री मिल जाएगी। हॉकी के अलावा आर्चरी, रेसलिंग, ताइक्वांडो, गोल्फ, सेलिंग, रग्बी और वॉलीबॉल में भी भारतीय खिलाड़ी मुकाबले खेलेंगे। एशियन गेम्स के आखिरी दिन कुल 47 गोल्ड मेडल इवेंट होंगे। आर्चरी में 3 भारतीयों के पास मेडल का मौका कुमकुम मोहोड सुबह 5:30 बजे महिला रिकर्व इंडिविजुअल क्वार्टरफाइनल में दक्षिण कोरिया की कांग चेयॉन्ग से भिड़ेंगी। धीरज बोम्मादेवरा और नीरज चौहान पुरुष रिकर्व इंडिविजुअल क्वार्टरफाइनल में उतरेंगे। धीरज का मुकाबला सुबह 9:30 बजे अमिरखोन सादिकोव से होगा। वहीं, नीरज सुबह 10:15 बजे भूटान के लाम दोरजी के खिलाफ उतरेंगे। क्वार्टरफाइनल जीतने पर आगे सेमीफाइनल और मेडल मैच खेलेंगे। रेसलिंग में 5 भारतीय पर नजर सागर जगलान, दीपक पूनिया, मनीषा, अंतिम और अमन सहरावत रेसलिंग में उतरेंगे। सभी अपने-अपने वजन वर्ग के राउंड ऑफ-16 मुकाबले खेलेंगे। इसके बाद क्वार्टरफाइनल, सेमीफाइनल और फाइनल तक पहुंचने का मौका होगा। ताइक्वांडो में कशिश और ज्योति उतरेंगी कशिश मलिक महिला 57kg और ज्योति यादव महिला 67kg कैटेगरी में राउंड ऑफ-16 से अभियान शुरू करेंगी। दोनों के मुकाबले सुबह 5:42 बजे से होंगे। आगे बढ़ने पर क्वार्टरफाइनल, सेमीफाइनल और मेडल मुकाबले होंगे। गोल्फ में 6 भारतीय खेलेंगे पुरुषों में वीर अहलावत, सप्तक तलवार और युवराज संधू, जबकि महिलाओं में प्रणवी उर्स, अदिति अशोक और दीक्षा डागर राउंड-4 में उतरेंगी। पुरुषों का राउंड सुबह 6:30 बजे और महिलाओं का 6:43 बजे से होगा। सेलिंग में माही वर्मा और कात्या इडा कोएल्हो फाइनल रेस में उतरेंगी। दोनों के मुकाबले सुबह 7:10 बजे से शुरू होंगे। रग्बी और वॉलीबॉल में भी मुकाबले महिला रग्बी सेवन्स टीम सुबह 6:20 बजे सिंगापुर के खिलाफ 5वें-8वें स्थान के मैच में खेलेगी। पुरुष वॉलीबॉल टीम सुबह 9:30 बजे 5वें-6वें स्थान के मुकाबले में उतरेगी। दोनों मुकाबलों में विपक्षी टीम की जानकारी अभी TBD है।
एशियन गेम्स में मेंस क्रिकेट का फाइनल आज भारत और पाकिस्तान के बीच खेला जाएगा। मुकाबला सुबह 10:30 बजे से शुरू होगा। दोनों के बीच खेले गए पिछले 6 टी-20 में हर बार भारत जीता है। पाकिस्तान ने आखिरी बार 2022 एशिया कप में भारत को हराया था। मैच से पहले सबसे बड़ा सवाल दोनों टीमों के बीच हैंडशेक को लेकर है। भारतीय मेंस और विमेंस क्रिकटरों ने पिछले 383 दिन और 6 मैचों से पाकिस्तानी खिलाड़ियों से हाथ नहीं मिलाया है। यह फैसला पिछले साल अप्रैल में हुए पहलगाम अटैक के बाद लिया गया था। नो-हैंडशेक की शुरुआत सितंबर 2025 में मेंस एशिया कप से हुई थी। भारत ने 17 टी-20 में 13 बार पाकिस्तान को हराया भारत और पाकिस्तान के बीच अब तक 17 टी-20 मैच खेले गए हैं। भारत ने 13 मुकाबले जीते हैं, जबकि पाकिस्तान ने 3 मैच अपने नाम किए। एक मुकाबला टाई रहा था। वैभव सूर्यवंशी ने पिछले मैच में 21 गेंद पर 38 रन बनाए 15 साल के वैभव सूर्यवंशी ने सेमीफाइनल में श्रीलंका के खिलाफ 21 गेंद पर 38 रन की पारी खेली थी। उन्होंने अपनी पारी में 6 चौके और 2 छक्के लगाए। उनके अलावा ईशान किशन ने नाबाद 80 रन बनाए। उन्होंने 173.91 की स्ट्राइक रेट से बल्लेबाजी की। गेंदबाजी आक्रमण की जिम्मेदारी जसप्रीत बुमराह के कंधो पर होगी। उन्होंने पिछले मैच में 2 विकेट चटकाए। अभिषेक शर्मा और अक्षर पटेल ने भी 2-2 विकेट लिए थे। फरहान ने भारत के खिलाफ 2 फिफ्टी लगाईं पाकिस्तान के कप्तान साहिबजादा फरहान ने भारत के खिलाफ 4 टी-20 मैचों में 2 अर्धशतक लगाए हैं। वे टी-20 इंटरनेशनल में भारत के खिलाफ सबसे ज्यादा छक्के लगाने वाले पाकिस्तानी क्रिकेटर हैं। बल्लेबाजी में टीम को अब्दुल समद से भी उम्मीदें होंगी। उन्होंने सेमीफाइनल में बांग्लादेश के खिलाफ 15 गेंद पर नाबाद 30 रन बनाए थे। गेंदबाजी में सुफयान मुकिम ने 3 विकेट लिए थे। निशिन में बारिश की 10% संभावना निशिन में शनिवार को मौसम साफ रहने की उम्मीद है। बारिश की संभावना करीब 10% है। तापमान अधिकतम 25 डिग्री सेल्सियस तक रह सकता है। सेमीफाइनल में पिच से टर्न और बाउंस मिला था। फाइनल में भी गेंदबाजों को इसी तरह की मदद मिलने की संभावना है। दोनों टीमों की पॉसिबल प्लेइंग-XI भारत: वैभव सूर्यवंशी, अभिषेक शर्मा, संजू सैमसन (विकेटकीपर), श्रेयस अय्यर (कप्तान), ईशान किशन, तिलक वर्मा, शिवम दुबे, अक्षर पटेल, वॉशिंगटन सुंदर, रवि बिश्नोई, जसप्रीत बुमराह। पाकिस्तान: साहिबजादा फरहान (कप्तान), माज सदाकत, उस्मान खान (विकेटकीपर), सैम अयूब, हसन नवाज, अब्दुल समद, अराफात मिन्हास, अहमद दानियाल, मोहम्मद वसीम, सुफयान मुकिम, अबरार अहमद।
अगर IND vs PAK मैच हुआ रद्द तो किसे मिलेगा गोल्ड मेडल? इस बार नियम में हुआ है बदलाव
एशियन गेम्स में भारत और पाकिस्तान के बीच क्रिकेट का फाइनल (गोल्ड मेडल) मैच होना है। फैंस इस बड़े मुकाबले का बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं, लेकिन बारिश इस मैच का मजा बिगाड़ सकती है।
भारत के लिए निर्णायक गोल अपना 200वां मैच खेल रही लालरेमसियामी ने दागा। इससे पहले भारत ने 1982 में एशियाई खेलों का स्वर्ण जीता था।
भारत-A ने पुडुचेरी में ऑस्ट्रेलिया-A के खिलाफ दूसरा अनऑफिशियल टेस्ट ड्रॉ करा लिया। 365 रन का पीछा करते हुए भारत-A ने 9 विकेट पर 310 रन बनाए। टीम जीत से 55 रन दूर रह गई, जबकि एक समय उसके सामने मैच बचाने की चुनौती थी। इस नतीजे के साथ भारत-A ने दो मैचों की सीरीज 1-0 से अपने नाम की। पहले अनऑफिशियल टेस्ट में भारत-A ने ऑस्ट्रेलिया-A को 162 रन से हराया था। भारत-A पहली पारी में 167 रन पर ऑलआउट हो गई थी। ऑस्ट्रेलिया-A ने पहली पारी में 358 रन बनाने के बाद दूसरी पारी 4 विकेट पर 173 रन बनाकर घोषित की थी। नाइटवॉचमैन बने तुषार ने 52 रन बनाए दिन की शुरुआत आयुष पांडे और तुषार देशपांडे ने की। लियम स्कॉट ने पांडे को LBW कर भारत-A को झटका दिया। इसके बाद नंबर-3 पर नाइटवॉचमैन के तौर पर उतरे तुषार ने कप्तान देवदत्त पडिक्कल के साथ पारी संभाली। तुषार ने 119 गेंदों का सामना करते हुए 52 रन बनाए और करीब 180 मिनट क्रीज पर बिताए। उन्होंने अपना दूसरा फर्स्ट-क्लास अर्धशतक लगाया। पडिक्कल 26 रन बनाकर स्कॉट की गेंद पर विकेटकीपर जॉश फिलिप के हाथों कैच हुए। इसके कुछ देर बाद लियम हैचर की धीमी पड़ती गेंद पर तुषार भी लॉन्ग-ऑफ पर कैच दे बैठे। रशीद ने तेज बल्लेबाजी कर जीत की उम्मीद जगाई शेख रशीद ने 45 गेंदों पर 38 रन की तेज पारी खेली। उन्होंने 8 चौके लगाए और कुछ समय के लिए भारत-A की जीत की उम्मीद जगा दी। हालांकि नाथन मैकस्वीनी की गेंद पर वह पीछे हटकर शॉट खेलने गए और LBW हो गए। इसके बाद कुमार कुशाग्र भी ज्यादा देर नहीं टिक सके। स्कॉट की गेंद इतनी नीची रही कि वह लगभग जमीन से गुजरते हुए स्टंप्स से जा टकराई। तनुश कोटियान भी कोरी रोचिचियोली की गेंद पर आउट हो गए। भारत-A का स्कोर 7 विकेट पर 199 रन हो चुका था। राठौड़ और मुलानी ने 216 गेंदों तक संभाला यहीं से यश राठौड़ और प्लेयर ऑफ द सीरीज शम्स मुलानी ने पारी को संभाला। मुलानी ने एक छोर पर डिफेंस मजबूत रखा, जबकि राठौड़ ने रन बनाने के मौके तलाशते रहे। दोनों ने 216 गेंदों पर 85 रन की साझेदारी की। राठौड़ ने दबाव के बावजूद आक्रामक रुख बनाए रखा। उन्होंने कभी क्रीज से बाहर निकलकर गेंद को खेला तो कभी क्रीज की गहराई का इस्तेमाल किया। मुलानी ने 131 गेंदों का सामना कर ऑस्ट्रेलिया-A के गेंदबाजों को लंबे समय तक परेशान किया। स्कॉट ने फिर पलटा मैच जब लगने लगा कि राठौड़ और मुलानी भारत-A को आसानी से ड्रॉ तक पहुंचा देंगे, तभी लियम स्कॉट ने फिर मैच में रोमांच पैदा कर दिया। उन्होंने राठौड़ को 80 रन पर LBW किया। राठौड़ ने रिव्यू लिया और गेंद की ऊंचाई को लेकर सवाल उठाया, लेकिन बॉल ट्रैकिंग में अंपायर्स कॉल आया। इसके दो ओवर बाद स्कॉट ने मुलानी को भी आउट कर दिया। भारत-A 9 विकेट गंवा चुका था और जीत के लिए 55 रन अभी बाकी थे। आखिरी विकेट ने बचाया मैच अंशुल कंबोज को सीनियर टीम में बुलाए जाने के कारण भारत-A को अपने नंबर-11 प्रफुल हिंगे को बल्लेबाजी के लिए भेजना पड़ा। हिंगे ने 6 गेंदें खेलीं। उनके साथ नचिकेत भुटे ने 21 गेंदों का सामना किया। दोनों ने ऑस्ट्रेलिया-A को आखिरी विकेट लेने का मौका नहीं दिया और खराब होती रोशनी के बीच दोनों टीमों ने मैच ड्रॉ पर खत्म करने पर सहमति जताई।
नई दिल्ली, 2 अक्टूबर (आईएएनएस)। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने शुक्रवार को एशियन गेम्स 2026 में भारतीय महिला हॉकी टीम को गोल्ड मेडल जीतने पर बधाई दी। उन्होंने कहा कि उनकी इस उपलब्धि और 2028 लॉस एंजिल्स ओलंपिक के लिए सीधे क्वालिफिकेशन ने इस जीत को और भी खास बना दिया है।
USA की टीम में 35 साल के गेंदबाज की हुई वापसी, तीन साल पहले खेला था आखिरी वनडे
अमेरिका की क्रिकेट टीम में स्टार तेज गेंदबाज अली खान की 3 साल से भी ज्यादा समय बाद वनडे टीम में वापसी हुई है। 35 साल के अली खान ने अपना पिछला वनडे मैच जिम्बाब्वे में हुए वर्ल्ड कप क्वालिफायर्स में खेला था।
Sjoerd Marijne का मूलमंत्र: बेहतरीन डिफेंस और अनुशासन से Indian Women Hockey Team ने जीता गोल्ड
काकामिगाहारा, दो अक्टूबर एशियाई खेलों के फाइनल में चीन की टीम के लगातार हमले करने के बीच भारत की महिला हॉकी टीम के कोच शोर्ड मारिन का अपनी खिलाड़ियों के लिए एक सरल संदेश था, अच्छी तरह रक्षण करो, अनुशासन बनाए रखो और लगातार दौड़ते रहो। खिलाड़ी कितनी भी थकी हुई हों या विपक्षी टीम कितनी भी आक्रामकता से दबाव बनाए, उन्हें आगे बढ़ते रहना था। भारतीयों ने उनके निर्देशों का अक्षरशः पालन किया और एक अनुशासित रक्षात्मक प्रदर्शन करते हुए मौजूदा चैंपियन और ओलंपिक रजत पदक विजेता चीन को 1-0 से हराकर एशियाई खेलों का स्वर्ण पदक जीता, साथ ही 2028 लॉस एंजिलिस ओलंपिक के लिए स्वतः क्वालीफिकेशन भी हासिल किया। मारिन ने भारत के 1982 के बाद एशियाई खेलों में अपना पहला महिला हॉकी स्वर्ण पदक हासिल करने के बाद कहा, ‘‘मैं हमेशा लड़कियों से कहता हूं कि बुनियादी बातें अच्छा डिफेंस, अनुशासन और लगातार दौड़ते रहना हैं। इससे कोई फर्क नहीं पड़ता कि बारिश हो रही है या परिस्थितियां अच्छी नहीं हैं। आप हमेशा दौड़ सकते हैं और आज हमने एक टीम के रूप में यही किया। ’’उन्होंने कहा, ‘‘आपने देखा कि कुछ खिलाड़ी थककर मैदान से बाहर आईं, फिर अगली आई, और फिर अगली। मुझे लगता है कि चौथे क्वार्टर में हमने मुश्किल से कोई मौका गंवाया। इसी तरह आप ये मैच जीतते हैं। ’’चीन ने लंबे समय तक गेंद पर कब्जा बनाए रखा लेकिन भारतीय खिलाड़ी डटी रहीं। गोलकीपर सविता पूनिया और बिछू देवी ने चीन को दूर रखने में अहम भूमिका निभाई जिसमें सविता ने एक महत्वपूर्ण पेनल्टी-स्ट्रोक बचाकर मौजूदा चैंपियन को बराबरी करने का मौका नहीं दिया। उन्होंने कहा, ‘‘अद्भुत (पेनल्टी बचाव)। बिछू ने भी और जिस तरह से वे दोनों मिलकर यह कर रही हैं, वह भी शानदार। मैंने कभी दो खिलाड़ियों को एक-दूसरे की इतनी मदद करते नहीं देखा। ’’मारिन ने कहा, ‘‘ये दोनों एक ही पोजीशन पर खेलती हैं, लेकिन हर बार एक-दूसरे से अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करवाती हैं। यह उन दोनों के लिए तारीफ की बात है। और अब यह सविता हैं जिन्होंने यह शानदार बचाव किया। ’’उन्होंने कहा, ‘‘गेंद पर कब्जे के लिहाज से यह हमारा सर्वश्रेष्ठ खेल नहीं था। लेकिन बात यह है कि कौन अधिक प्रभावी है। आज हम बहुत प्रभावी थे। हम पेनल्टी कॉर्नर से भी गोल कर सकते थे। अंत की ओर हम बहुत करीब थे, जब गोलकीपर मैदान से बाहर था। लेकिन यह वास्तव में एक टीम का प्रदर्शन था, सिर्फ खिलाड़ियों का नहीं बल्कि सहयोगी स्टाफ का भी। इसमें हर किसी की बड़ी भूमिका थी। ’’मारिन ने कहा, ‘‘मुझे लगता है कि सबसे बड़े बदलावों में से एक अनुशासन रहा है, और दूसरा, एक-दूसरे के लिए काम करना। मैं हमेशा कहता हूं कि अगर आप टीम के लक्ष्य पर ध्यान केंद्रित करेंगे, तो आप अपना व्यक्तिगत लक्ष्य हासिल कर लेंगे। अगर आप अपने व्यक्तिगत लक्ष्य पर ध्यान केंद्रित करेंगे तो आप टीम का लक्ष्य हासिल नहीं कर पाएंगे। ’’उन्होंने कहा, ‘‘यही बदलाव टीम ने किया है। आप देख सकते हैं कि चुनी गई सभी खिलाड़ी कड़ी मेहनत कर रही हैं और अनुशासन दिखा रही हैं। ’’मारिन ने सहयोगी स्टाफ की भी जमकर तारीफ की। उन्होंने कहा, ‘‘पूरे स्टाफ के बीच और स्टाफ तथा खिलाड़ियों के बीच बहुत अच्छा तालमेल है।’’भारत की जीत ने लॉस एंजिलिस ओलंपिक के लिए टिकट भी पक्का कर दिया जो महिला टीम के लिए एक बड़ी उपलब्धि है क्योंकि वह पेरिस खेलों के लिए क्वालीफाई करने से चूक गई थी। मारिन ने शुरुआती ओलंपिक क्वालीफिकेशन का जिक्र करते हुए कहा, ‘‘मुझे नहीं लगता कि भारतीय महिला टीम के साथ ऐसा पहले कभी हुआ है। असली काम पहले ही शुरू हो चुका है। हमें इसे आगे बढ़ाते रहना होगा। हम सुधार करना चाहते हैं, और हमारा मुख्य ध्यान खुद पर और इस बात पर है कि हमें क्या बेहतर करने की जरूरत है।
एशियन गेम्स 2026 के दौरान भारतीय हॉकी अंपायर गुरिंदर सिंह सांघा पर यौन शोषण के आरोप लगे हैं। मलेशिया की एक महिला हॉकी अधिकारी ने शिकायत की थी कि बातचीत के दौरान सांघा ने उन्हें कई बार गले लगाने की कोशिश की और किस भी किया। सांघा पर यह भी आरोप है कि उन्होंने होटल स्टाफ को आपत्तिजनक वीडियो दिखाए। पुलिस में शिकायत करने की धमकी भी दी। शिकायत के बाद गुरिंदर जापान से भारत वापस भेज दिया गया है। गुरिंदर को हॉकी फेडरेशन ने गेम्स के लिए अंपायर मैनेजर नियुक्त किया था। गुरिंदर पर पिछले साल भी आरोप लगे थे मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, गुरिंदर दो दिन पहले ही भारत लौट चुके हैं। मलेशियाई महिला अधिकारी के अलावा होटल स्टाफ की ओर से उनकी शिकायत की गई है। गुरिंदर के खिलाफ पहली बार इस तरह के आरोप नहीं लगे हैं। पिछले साल हॉकी इंडिया लीग के दौरान भी एक महिला अंपायर ने उनके खिलाफ शिकायत दर्ज कराई थी। 2025 में हॉकी इंडिया लीग के रांची स्टेज के दौरान भी एक महिला अंपायर ने उनके खिलाफ शिकायत दर्ज कराई थी। इसके बाद हॉकी इंडिया ने तीन सदस्यीय जांच समिति बनाई थी। समिति को आरोपों को उनके खिलाफ पर्याप्त सबूत नहीं मिले थे। एशियन हॉकी फेडरेशन की रिपोर्ट के बाद कार्रवाई होगी एशियन गेम्स की हॉकी प्रतियोगिता में अंपायर और तकनीकी अधिकारियों की नियुक्ति एशियन हॉकी फेडरेशन (AHF) करता है। इसलिए हॉकी इंडिया आगे की कार्रवाई AHF की रिपोर्ट मिलने के बाद करेगा। हॉकी इंडिया के अधिकारी ने कहा कि अगर AHF की रिपोर्ट में आरोप सही पाए जाते हैं तो अंपायर के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। IOA ने कहा- नियुक्ति AHF की जिम्मेदारी भारतीय ओलिंपिक संघ (IOA) के एक अधिकारी ने कहा कि एशियन गेम्स में अंपायर और तकनीकी अधिकारियों की नियुक्ति हॉकी इंडिया या IOA नहीं करता। यह जिम्मेदारी AHF की है। इसलिए इस मामले में IOA और हॉकी इंडिया की सीधी भूमिका नहीं है। इसी साल भारतीय महिला हॉकी टीम के सपोर्ट स्टाफ के एक सदस्य को भी उत्पीड़न के आरोपों की शिकायत के बाद हॉकी इंडिया ने हटा दिया था। ------------------------स्पोर्ट्स की यह खबर भी पढ़ें…भारत को 44 साल बाद एशियाड विमेंस हॉकी का गोल्ड:चीन को हराकर ओलिंपिक के लिए क्वालिफाई किया; 13वें दिन इंडिया को 6 गोल्ड भारतीय विमेंस हॉकी टीम ने एशियन गेम्स में 44 साल बाद गोल्ड जीत लिया। भारत ने फाइनल में चीन को 1-0 से हराया। टीम के लिए एकमात्र गोल लालरेमसियामी ने किया। पूरी खबर पढ़ें…
जम्मू-कश्मीर ने ईरानी कप के दूसरे दिन रेस्ट ऑफ इंडिया के खिलाफ पहली पारी में 41 रन की बढ़त हासिल कर ली। रेस्ट ऑफ इंडिया के 237 रन के जवाब में जम्मू-कश्मीर 278 रन पर ऑलआउट हुआ। शेर-ए-कश्मीर स्टेडियम में दिन का खेल खत्म होने तक रेस्ट ऑफ इंडिया ने दूसरी पारी में 24/1 रन बना लिए थे। डोगरा-समद ने 97 रन की साझेदारी की 166/8 के बाद निचले क्रम ने संभाला जम्मू-कश्मीर की टीम एक समय 37/4 और लंच के बाद 166/8 पर पहुंच गई थी। यहां कप्तान पारस डोगरा और निचले क्रम के बल्लेबाज लोन नासिर मुजफ्फर ने पारी संभाली। दोनों ने 9वें विकेट के लिए 64 रन जोड़े। डोगरा ने 143 गेंद पर 75 रन बनाए। नासिर ने नंबर-10 पर उतरकर 58 गेंद पर 64 रन की तेज पारी खेली। नासिर ने 48 गेंद पर फिफ्टी पूरी की और मुकेश कुमार के एक ओवर में लगातार 4, 6, 6 लगाए। डोगरा के आउट होने के बाद नासिर ने सुनील कुमार के साथ आखिरी विकेट के लिए 48 रन जोड़े और टीम को रेस्ट ऑफ इंडिया से आगे पहुंचाया। नासिर को आकाश दीप ने 64 रन पर LBW किया। नासिर को आखिरी समय पर टीम में जगह मिली थी नासिर खुद को सीम-बॉलिंग ऑलराउंडर मानते हैं। उन्हें 2020 में BCCI के अंडर-23 कैंप के लिए बुलाया गया था, लेकिन कोविड के कारण कैंप रद्द हो गया। वह पिछले 5 साल से IPL ट्रायल में हिस्सा लेते रहे हैं और सनराइजर्स हैदराबाद के साथ 3 सीजन नेट बॉलर भी रह चुके हैं। आकीब नबी भारत के लिए खेल रहे हैं और युधवीर सिंह चोटिल होने के कारण उपलब्ध नहीं थे। ऐसे में नासिर को आखिरी समय पर प्लेइंग-11 में शामिल किया गया। उनके पास अपना जर्सी नंबर भी नहीं था। मुकेश चौधरी ने 5 विकेट लिए रेस्ट ऑफ इंडिया के तेज गेंदबाज मुकेश चौधरी ने 78 रन देकर 5 विकेट लिए। आकाश दीप ने 43 रन देकर 3 विकेट लिए। दूसरी पारी में रेस्ट ऑफ इंडिया ने सावधानी से शुरुआत की। शिखर मोहन 1 रन बनाकर आउट हुए। उन्होंने पहली पारी में 60 रन बनाए थे। इसके बाद सुदीप घरामी और सनत सांगवान ने बाकी दिन संभलकर बल्लेबाजी की। ईरानी कप क्या है? ईरानी कप 5 दिन खेला जाने वाले फर्स्ट क्लास मैच है। यह मौजूदा रणजी ट्रॉफी चैंपियन और 'रेस्ट ऑफ इंडिया' टीम के बीच खेला जाता है। रेस्ट ऑफ इंडिया की टीम में देश के टॉप खिलाड़ी शामिल होते हैं। टेस्ट मैच की तरह ही दोनों टीमों को 2-2 पारियां मिलती हैं। मैच ड्रॉ होने पर पहली पारी में बढ़त बनाने वाली टीम को विजेता घोषित किया जाता है।
पाकिस्तान के खिलाफ टी20 सीरीज के लिए श्रीलंकाई टीम का ऐलान, कुशल मेंडिस के हाथों में कमान
कोलंबो, 2 अक्टूबर (आईएएनएस)। श्रीलंका ने पाकिस्तान के खिलाफ तीन मैचों की टी20 इंटरनेशनल सीरीज के लिए 15 सदस्यीय टीम का ऐलान किया है। टीम की कमान कुशल मेंडिस के हाथों में सौंपी गई है। श्रीलंका पाकिस्तान के दौरे पर मल्टी-फॉर्मेट सीरीज खेलेगा, जिसकी शुरुआत अक्टूबर में टी20 इंटरनेशनल मैचों से होगी।
IND vs PAK गोल्ड मेडल मैच में शामिल होंगे पीसीबी चीफ मोहसिन नकवी? फाइनल से पहले आया बड़ा अपडेट
भारत और पाकिस्तान के बीच शनिवार को एशियन गेम्स के क्रिकेट फाइनल का मुकाबला खेला जाएगा। एशियन क्रिकेट काउंसिल (ACC) ने साफ कर दिया है कि इस खास मैच में ACC अध्यक्ष मोहसिन नकवी मौजूद नहीं रहेंगे।
Asian Games में भारत ने जीते छह स्वर्ण, पदक तालिका में पांचवें स्थान पर पहुंचा
(अजय मसंद और फिलेम दीपक सिंह)नागोया, दो अक्टूबर भारतीय महिला हॉकी टीम ने लंबे इंतजार के बाद एशियाई खेलों में स्वर्ण जीतकर ओलंपिक के लिये क्वालीफाई किया जबकि मुक्केबाजों, तीरंदाजों और पहलवान सुजीत कलकल ने अपेक्षा से बेहतर प्रदर्शन करते हुउ एशियाई खेलों में शुक्रवार को छह स्वर्ण पदकों के साथ भारत को पदक तालिका में शीर्ष पांच में पहुंचा दिया। भारत अब 16 स्वर्ण , 25 रजत और 35 कांस्य समेत 76 पदक जीतकर शीर्ष पर है। भारत के पदक चौथे स्थान पर काबिज उजबेकिस्तान (65) से अधिक हैं लेकिन स्वर्ण की गिनती में पीछे है। भारतीय महिला हॉकी टीम ने गत चैम्पियन चीन को 1.0 से हराकर 44 साल बाद एशियाई खेलों में स्वर्ण पदक जीता और लॉस एंजिलिस ओलंपिक का टिकट भी कटाया। जीत का श्रेय भारतीय डिफेंस को जाता है जिसने चीन के लगातार हमलों के बावजूद संयम नहीं खोया और एक गोल की बढत अंत तक बनाये रखी। लालरेम्सियामी ने दसवें मिनट में ही भारत को बढत दिला दी और 24वें मिनट में भारत की सबसे अनुभवी खिलाड़ी सविता ने पेनल्टी स्ट्रोक पर चीन को गोल करने से रोका। इससे पहले भारतीय महिला हॉकी टीम ने 1982 में दिल्ली में हुए एशियाई खेलों में स्वर्ण जीता था जब पहली बार महिला हॉकी को इन खेलों में शामिल किया गया था। वहीं तीरंदाजी में अंकिता भकत , कीर्ति शर्मा और 17 वर्ष की कुमकुम मोहोद ने फाइनल में दस बार की ओलंपिक चैम्पियन दक्षिण कोरिया को 5 . 3 से हराकर स्वर्ण जीता। रिकर्व टीमों के इस शानदार प्रदर्शन से पहले भारतीय कंपाउंड तीरंदाज सभी टीम स्पर्धाओं में स्वर्ण पदकों पर कब्जा कर चुके हैं। भारत ने तीरंदाजी में अब तक कुल सात पदक जीत लिए हैं, जिनमें चार स्वर्ण, दो रजत और एक कांस्य शामिल हैं। अंकिता भकत, कीर्ति शर्मा और 17 वर्षीय कुमकुम मोहोड़ की महिला रिकर्व टीम दिन का पहला पदक दिलाया। भारतीय तिकड़ी ने तेज हवा के कारण चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों के बीच धैर्य बनाए रखते हुए गत चैंपियन दक्षिण कोरिया को 5-3 (54-54, 56-56, 55-51, 54-54) से हराकर यादगार जीत दर्ज की। इसके बाद कुमकुम ने धीरज बोम्मादेवरा के साथ मिलकर मिश्रित रिकर्व टीम स्पर्धा में रजत पदक जीता। भारतीय जोड़ी को फाइनल में चीन के खिलाफ 3-5 (34-38, 35-37, 37-36, 37-37) से हार का सामना करना पड़ा। दिन का समापन पुरुष रिकर्व टीम के रजत पदक के साथ हुआ। धीरज, संजय भोगे और नीरज चौहान की भारतीय तिकड़ी को फाइनल में दक्षिण कोरिया से 1-5 (56-56, 50-57, 54-56) से शिकस्त मिली। मुक्केबाजी में लवलीना बोरगोहेन (75 किग्रा), परवीन हुड्डा (65 किग्रा) और अंकुश पंघाल (80 किग्रा) ने शानदार प्रदर्शन करते हुए देश के लिए स्वर्ण पदकों की हैट्रिक लगाई। मुक्केबाजी में भारत का यह सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन है। लवलीना और परवीन ने अपने-अपने फाइनल में जीत दर्ज करते हुए महिला मुक्केबाजी के स्वर्ण के लिए देश का 12 साल का इंतजार खत्म किया। अंकुश ने 80 किग्रा फाइनल में दक्षिण कोरिया के किम मिनसियोंग को 4-0 से हराकर देश के लिए स्वर्ण पदक से अभियान समाप्त किया। भारत ने इस तरह मुक्केबाजी में एशियाई खेलों में सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करते हुए छह पदक जीते जिसमें तीन स्वर्ण शामिल रहे। देश का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन ग्वांग्झू 2010 चरण में रहा था जिसमें दल ने दो स्वर्ण, तीन रजत और चार कांस्य से कुल नौ पदक जीते थे। भारत की सबसे सफल मुक्केबाजों में शामिल ओलंपिक पदक विजेता लवलीना ने अपने 29वें जन्मदिन को खास बनाते हुए चीन की बाओ जियी को 5-0 के सर्वसम्मत फैसले से हराया। उन्होंने इसके साथ ही पिछले एशियाई खेलों में जीते रजत पदक का रंग बदल दिया। परवीन ने इसके बाद पेरिस ओलंपिक की कांस्य पदक विजेता चीनी ताइपै की नियेन चिन चेन को कड़े मुकाबले में 3-2 के विभाजित फैसले से हराकर इन खेलों का अपना पहला स्वर्ण पदक जीता। कुश्ती में सुजीत कलकल ने पुरुषों के 65 किलोग्राम वर्ग में अपनी श्रेष्ठता साबित करते हुए 2-9 से पिछड़ने के बाद वापसी करते हुए स्वर्ण पदक जीता और इस दौरान ओलंपिक चैंपियन को भी हराया। सुजीत ने फाइनल की राह में ईरान और जापान के मजबूत प्रतिद्वंद्वियों को हराया। इससे यह लगने लग गया था कि 23 वर्षीय सुजीत एशियाई खेलों में अपना पहला स्वर्ण पदक जीतने में सफल रहेंगे, लेकिन ताजिकिस्तान के अब्दुलमजीद कुदिएव ने भारतीय खिलाड़ी के लिए चुनौती खड़ी कर दी। सुजीत एक समय 2-9 से पीछे चल रहे थे लेकिन इसके बाद उन्होंने शानदार वापसी करते हुए लगातार आठ अंक बनाकर 10-9 से जीत हासिल की। सेलिंग में नेत्रा कुमानन महिलाओं की डिंगी में और सेपकटेकरा में पुरूषों की चौकड़ी कांस्य जीतने में कामयाब रही।
एशियन गेम्स 2026 - खत्म हुआ 44 साल का इंतजार, भारतीय महिला हॉकी टीम ने चीन को हराकर जीता गोल्ड मेडल
एशियन गेम्स 2026 में भारतीय महिला हॉकी टीम ने बेहतरीन प्रदर्शन करते हुए 44 साल का सूखा खत्म कर दिया है। फाइनल मुकाबले में भारतीय टीम ने चीन को 1-0 से हराकर गोल्ड मेडल पर कब्जा जमाया।
Asian Games 2026: 10वें मिनट का वो गोल, जिसने 44 साल बाद भारत को दिलाया Hockey में गोल्ड
भारत ने 44 साल के लंबे इंतजार के बाद एशियन गेम्स में विमेंस हॉकी का गोल्ड मेडल जीत लिया है। फाइनल में भारतीय टीम ने चीन को 1-0 से हराया। भारत की ओर से एकमात्र गोल लालरेमसियामी ने किया। उन्होंने 10वें मिनट में शानदार रिवर्स शॉट लगाकर गेंद को गोलपोस्ट में पहुंचाया। इस जीत के साथ भारत ने 2028 ओलंपिक के लिए भी अपना टिकट पक्का कर लिया है। भारत और चीन के बीच विमेंस हॉकी का फाइनल मुकाबला तय समय से 45 मिनट देर से शुरू हुआ। दोनों टीमों की बसें रास्ते में ट्रैफिक में फंस गई थीं। 44 साल बाद मिला हॉकी में गोल्ड भारत ने एशियन गेम्स में आखिरी बार विमेंस हॉकी का गोल्ड मेडल 1982 में जीता था। इसके बाद टीम दो बार फाइनल में पहुंची, लेकिन दोनों बार उसे सिल्वर मेडल से संतोष करना पड़ा। भारत ने 1998 और 2018 में फाइनल तक का सफर तय किया था। अब 44 साल बाद टीम ने एक बार फिर गोल्ड अपने नाम कर लिया है। इसे भी पढ़ें: 2-9 से 10-9! Sujeet Kalkal ने आखिरी 11 सेकेंड में पलट दिया पूरा मुकाबला, जीता गोल्ड पहले क्वार्टर में लालरेमसियामी का गोल पहला क्वार्टर पूरी तरह भारत के नाम रहा। भारतीय टीम ने 55 प्रतिशत पजेशन के साथ खेलते हुए 1-0 की बढ़त बनाई। अपना 200वां मैच खेल रही लालरेमसियामी ने भारत के लिए यह गोल किया। साक्षी के शानदार पास पर लालरेमसियामी ने जोरदार रिवर्स शॉट लगाया और गेंद को नेट के ऊपरी हिस्से में पहुंचा दिया। 10वें मिनट में आए इस गोल ने भारत को 1-0 की बढ़त दिला दी। इसके बाद 13वें मिनट में भारत के पास बढ़त को दोगुना करने का मौका आया, लेकिन टीम पेनेल्टी कॉर्नर को गोल में नहीं बदल सकी। इसे भी पढ़ें: Parveen Hooda ने एशियन गेम्स में जीता गोल्ड, 65 किग्रा बॉक्सिंग में Olympic Medalist को हराया दूसरे क्वार्टर में सविता पूनिया बनीं दीवार दूसरे क्वार्टर की शुरुआत में चीन ने पेनेल्टी कॉर्नर हासिल किया, लेकिन वह इसे गोल में नहीं बदल सका। इसके बाद खेल के 23वें मिनट में चीन को पेनेल्टी स्ट्रोक मिला। हालांकि, भारतीय गोलकीपर सविता पूनिया ने अपनी बाईं ओर शानदार बचाव करते हुए चीन को बराबरी करने से रोक दिया। सविता के इस बचाव के साथ भारत की 1-0 की बढ़त बरकरार रही। दूसरे क्वार्टर के खत्म होने तक स्कोर भारत के पक्ष में 1-0 रहा।
हॉकी: 44 साल का इंतजार खत्म! भारत की बेटियों ने चीन को हरा जीता गोल्ड
भारतीय महिला हॉकी टीम ने पेरिस ओलंपिक की सिल्वर मेडलिस्ट टीम चीन को फाइनल में हराकर इतिहास रच दिया. भारतीय टीम की डिफेंस इस मैच में शानदार रही और उसने चीनी अटैक को नाकाम कर दिया. भारतीय टीम की जीत में सविता पूनिया का अहम रोल रहा, जिन्होंने पेनल्टी स्ट्रोक पर शानदार बचाव किया.
इस भारतीय टीम में वर्ल्ड कप जीतने की क्षमता है: युवराज सिंह
नई दिल्ली, भारत के पूर्व क्रिकेटर युवराज सिंह का मानना है कि भारतीय टीम में आईसीसी वनडे वर्ल्ड कप 2027 जीतने की पूरी क्षमता है।
Sujit Kalakal ने रचा इतिहास, Asian Games कुश्ती में 2-9 से पिछड़ने के बाद जीता स्वर्ण
नागोया, दो अक्टूबर सुजीत कलकल ने पुरुषों के 65 किलोग्राम वर्ग में अपनी श्रेष्ठता साबित करते हुए शुक्रवार को यहां एशियाई खेलों की कुश्ती प्रतियोगिता में 2-9 से पिछड़ने के बाद वापसी करते हुए स्वर्ण पदक जीता और इस दौरान ओलंपिक चैंपियन को भी हराया। सुजीत ने फाइनल की राह में ईरान और जापान के मजबूत प्रतिद्वंद्वियों को हराया। इससे यह लगने लग गया था कि 23 वर्षीय सुजीत एशियाई खेलों में अपना पहला स्वर्ण पदक जीतने में सफल रहेंगे, लेकिन ताजिकिस्तान के अब्दुलमजीद कुदिएव ने भारतीय खिलाड़ी के लिए चुनौती खड़ी कर दी। सुजीत एक समय 2-9 से पीछे चल रहे थे लेकिन इसके बाद उन्होंने शानदार वापसी करते हुए लगातार आठ अंक बनाकर 10-9 से जीत हासिल की। कुदिएव ने पहले पीरियड में ‘आर्म लॉक‘ का इस्तेमाल करके सुजीत को हमला करने का मौका नहीं दिया। एक बार जब सुजीत ने अपने प्रतिद्वंद्वी की शैली को समझ लिया तो उन्होंने उसे कोई आक्रामक चाल चलने नहीं दी। जहां कुदिएव ने ताकत के मामले में भारतीय पहलवान की बराबरी की, वहीं सुजीत ने अपनी फुर्ती से अपने प्रतिद्वंद्वी को पछाड़ दिया और बार-बार ताजिकिस्तान के पहलवान के पीछे जाकर ‘टेक-डाउन’ मूव किए। एक के बाद एक सफल मूव ने अंतर 8-9 तक कम कर दिया और मुकाबले के खत्म होने में करीब 20 सेकेंड बाकी थे, तभी सुजीत ने निर्णायक ‘टेक-डाउन’ किया और अपनी एक अंक की बढ़त का बचाव करते हुए विजेता बने। इससे पहले सुजीत ने अफगानिस्तान के सैयद उमर जजई को 13-3 हराया और क्वार्टर फाइनल में ईरान के अब्बास इब्राहिमजादेहसवादकुही के खिलाफ शानदार प्रदर्शन करते हुए बिना कोई अंक गंवाए तकनीकी श्रेष्ठता से जीत हासिल की। इसके बाद उन्होंने सेमीफाइनल में जापान के ओलंपिक चैंपियन कोतारो कियोका को 3-3 से हराया। स्कोर बराबर रहने के बाद सुजीत को अधिक अंक हासिल करने वाला दांव लगाने के कारण विजेता घोषित किया गया। यह एशियाई खेलों में सुजीत का पहला स्वर्ण है और 23 वर्षीय भारतीय ने पिछले 12 महीनों में अंडर-23 विश्व चैंपियनशिप, एशियाई चैंपियनशिप, जगरेब ओपन, तिराना खिताब जीते हैं। हालांकि उन्हें एकमात्र झटका जून में मंगोलियन ओपन में लगा था, जहां घुटने की चोट के कारण उन्हें हटना पड़ा। लेकिन इसके अलावा सुजीत अपराजित रहे। फाइनल तक के सफर में ओलंपिक चैंपियन को हराने के बाद हासिल की गई एशियाई खेलों की यह जीत उनके दावे को और मजबूत करती है कि वह केवल भारत ही नहीं बल्कि दुनिया का सबसे प्रभावशाली 65 किग्रा पहलवान है। पिछले एशियाई खेलों के चरण में भी वह एक योग्य दावेदार था लेकिन तदर्थ समिति ने उसे ट्रायल में बजरंग पूनिया को चुनौती देने की अनुमति नहीं दी। समिति ने बजरंग को सीधे प्रवेश दिया था। सुजीत ने अदालत में तदर्थ समिति के फैसले को चुनौती भी दी थी लेकिन उसे राहत नहीं मिल सकी। लेकिन सुजीत तब से और मजबूत हुए हैं और 2028 में ओलंपिक पदक का दावेदार बनने के योग्य होंगे। सुजीत ने अपने दांवपेंच का शानदार नमूना पेश करते हुए ओलंपिक चैंपियन कोटारो कियोका को उलटफेर का शिकार बनाया। सुजीत पहले पीरियड के अंत में 0-2 से पीछे चल रहे थे, लेकिन उन्होंने इस कड़े मुकाबले के दूसरे पीरियड में तीन अंक बनाए, जबकि जापानी खिलाड़ी ने एक और अंक जोड़ा। आखिर में दोनों पहलवानों का स्कोर 3-3 से बराबर था, लेकिन सुजीत को अधिक अंक हासिल करने वाला दांव लगाने के कारण विजेता घोषित किया गया। वहीं जजई ने शुरुआत में ही सुजीत को कड़ी टक्कर दी और तुरंत दो अंक हासिल करते हुए भारतीय खिलाड़ी को पीछे धकेलकर 3-0 की बढ़त बना ली। सुजीत ने हालांकि जल्द ही पुश-आउट और शोल्डर थ्रो से मुकाबले का रुख पलट दिया और 5-3 से आगे हो गए। सुजीत ने इसके बाद एक और थ्रो और एक रोल के साथ चार और अंक जोड़कर जीत हासिल की और क्वार्टर फाइनल में प्रवेश किया। सुजीत ने अब्बास के खिलाफ शुरुआती 20 सेकंड के भीतर ही अपने इरादे स्पष्ट कर दिए और खड़े-खड़े ही शोल्डर थ्रो का इस्तेमाल किया। शुरुआत में उन्हें चार अंक दिए गए, लेकिन अब्बास के खतरनाक स्थिति में न गिरने के कारण इस मूव को दो अंक में बदल दिया गया। सुजीत जल्द ही पिनफॉल हासिल करने के करीब पहुंच गए, लेकिन अब्बास किसी तरह बच निकलने में कामयाब रहे और भारतीय खिलाड़ी ने दो और अंक जोड़ लिए। जब ईरानी खिलाड़ी ने पैर से हमला करने की कोशिश की, तो सुजीत ने पलटवार करते हुए स्कोर 6-0 कर दिया। अब्बास लगातार हमला करने के लिए संघर्ष करते रहे क्योंकि भारतीय खिलाड़ी ने बार-बार हेड लॉक लगाकर उनके प्रयासों को विफल कर दिया। सुजीत ने अपने दाहिने पैर से किए गए एक और हमले को अंक में तब्दील करते हुए पहले पीरियड के अंत में 8-0 की मजबूत बढ़त हासिल कर ली। दूसरे पीरियड में भारतीय खिलाड़ी को ज्यादा समय नहीं लगा और उन्होंने एक और टेकडाउन करते हुए 10-0 से तकनीकी श्रेष्ठता के आधार पर जीत हासिल की और सेमीफाइनल में अपनी जगह पक्की कर ली। वहीं युवा भारतीय पहलवान दीपांशी फोगाट को महिलाओं के 50 किग्रा प्री-क्वार्टर फाइनल में जापानी पहलवान युई सुसाकी के हाथों 0-10 की तकनीकी श्रेष्ठता के आधार पर हार का सामना करना पड़ा। सुसाकी ने उम्मीद के मुताबिक फाइनल में जगह बना ली जिससे दीपांशी पदक की दौड़ में शामिल हो गई। उन्होंने कंबोडिया की समनांग डित को रेपेशाज राउंड में 10-0 से हराया लेकिन कांस्य पदक के प्लेऑफ में कजाखस्तान की जेनिप बयानोवा से हार गईं। रजत रुहुल भी पुरुषों के 125 किलोग्राम वर्ग की प्रतियोगिता से बाहर हो गए। उन्हें प्री-क्वार्टर फाइनल में कजाखस्तान के येदिगे कासिमबेकिन से 3-8 से हार का सामना करना पड़ा। प्रिया मलिक को महिला 76 किलोग्राम वर्ग के प्री-क्वार्टर फाइनल में किर्गिस्तान की ऐपेरी मेडेट किजी ने 1-6 से हराया। ओलंपिक कांस्य पदक विजेता अमन सहरावत (57 किग्रा), दीपक पूनिया (97 किग्रा), अंतिम पंघाल (महिलाओं के 53 किग्रा) और मनीषा भानवाला (महिलाओं के 65 किग्रा) शनिवार को प्रतिस्पर्धा करेंगे।
निशियो, भारतीय रेसलर सुजीत कलकल ने शुक्रवार को नागोया सिटी इनाए स्पोर्ट्स सेंटर में हुए रोमांचक फाइनल में ताजिकिस्तान के अब्दुलमजीद कुदियेव को 10-9 से हराकर एशियन गेम्स 2026 में रेसलिंग में भारत के गोल्ड मेडल के इंतजार को खत्म किया। उन्होंने पुरुषों की फ्रीस्टाइल 65 किलोग्राम कैटेगरी में शानदार वापसी करते हुए यह जीत हासिल की।
एशियन गेम्स : 6 मेडल के साथ भारत का बॉक्सिंग अभियान समाप्त
निशियो, एशियन गेम्स 2026 में भारत का बॉक्सिंग अभियान शानदार अंदाज में खत्म हुआ। निशियो जिम्नेजियम में खेले गए पुरुषों के 80 किग्रा वर्ग के फाइनल में अंकुश पंघाल ने साउथ कोरिया के मिनसोंग किम को 4-0 से हराकर देश की झोली में एक और गोल्ड मेडल डाला।
खेल डेस्क। एशियन गेम्स 2026 का 13वां दिन भारत के लिए स्वर्णिम सफलता वाला साबित हुआ है। आज भारत को पांच गोल्ड मेडल मिले हैं। भारत को आज एक मिनट के अंदर 2 गोल्ड मेडल मिले हैं। बॉक्सर अंकुश पंघाल के पुरुषों की 80 किग्रा वेट कैटेगरी में गोल्ड मेडल जीतने के ठीक एक मिनट पहले सुजीत कलकल ने रेसलिंग के पुरुषों के 65 किग्रा फ्रीस्टाइल में गोल्ड अपने नाम किया था। इससे पहले बॉक्सर परवीन हुड्डा ने विमेंस 65 किग्रा, लवलीना बोरगोहेन ने विमेंस 75 किग्रा वेट कैटेगरी में स्वर्ण पदक अपने नाम कर देश का नाम रोशन किया था। पहली बार 3 भारतीय मुक्केबाजों ने एशियन गेम्स में तीन गोल्ड जीते हैं। सुबह भारतीय महिला तीरंदाजी टीम की रिकर्व इवेंट में गोल्ड जीत से भारत के लिए दिन की शानदार शुरुआत हुई थी। भारत के अब एशियन गेम्स 2026 में 15 गोल्ड मेडल हो गए हैं। इस प्रदर्शन के दम पर वह मेडल टैली में 5वें नंबर पर पहुंच गया है। भारत अभी तक 15 गोल्ड, 25 सिल्वर और 35 ब्रॉन्ज समेत 75 मेडल जीत चुका है। भारतीय मुक्केबाजों ने किया गोल्ड के लिहाज से अब तक का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन एशियन गेम्स 2026 में भारतीय मुक्केबाजों का गोल्ड के लिहाज से अब तक का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन देखने को मिला है। भारत ने मुक्केबाजी में इस बार 3 गोल्ड और 3 ब्रॉन्ज समेत कुल 6 मेडल जीते हैं। इससे पहले 2010 एशियाड में मुक्केबाजों ने 2 गोल्ड सहित कुल 9 मेडल अपने नाम किए थे। भारत के अंकुश पंघाल ने पुरुषों के 80 किग्रा वर्ग के गोल्ड मेडल मुकाबले में साउथ कोरिया के किम मिन-सियोंग को 4-0 से हराया। सुजीत कालकल ने पुरुषों के 65 किग्रा फ्रीस्टाइल वर्ग के गोल्ड मेडल मैच में कुदिएव को 10-9 से हराया। मुकाबले में एक समय वह सुजीत 2-9 से पीछे थे। PC:livehindustan,jagran, livehindustan अपडेट खबरों के लिए हमारा वॉट्सएप चैनल फोलो करें
युजवेंद्र चहल का बड़ा ऐलान: फर्स्ट क्लास क्रिकेट से संन्यास, अब सिर्फ व्हाइट बॉल क्रिकेट पर रहेगा फोकस
एशियन गेम्स 2026: अंकुश पंघाल का 'गोल्डन पंच', 6 मेडल के साथ भारत का बॉक्सिंग अभियान समाप्त
एशियन गेम्स 2026 में भारत का बॉक्सिंग अभियान शानदार अंदाज में खत्म हुआ। निशियो जिम्नेजियम में खेले गए पुरुषों के 80 किग्रा वर्ग के फाइनल में अंकुश पंघाल ने साउथ कोरिया के मिनसोंग किम को 4-0 से हराकर देश की झोली में एक और गोल्ड मेडल डाला।
एशियन गेम्स 2026: अंकुश पंघाल का 'गोल्डन पंच', 6 मेडल के साथ भारत का बॉक्सिंग अभियान समाप्त
निशियो, 2 अक्टूबर (आईएएनएस)। एशियन गेम्स 2026 में भारत का बॉक्सिंग अभियान शानदार अंदाज में खत्म हुआ। निशियो जिम्नेजियम में खेले गए पुरुषों के 80 किग्रा वर्ग के फाइनल में अंकुश पंघाल ने साउथ कोरिया के मिनसोंग किम को 4-0 से हराकर देश की झोली में एक और गोल्ड मेडल डाला।
एशियन गेम्स में सुजीत कलकल ने किया बड़ा उलटफेर, आखिरी के 90 सेकंड में बाजी पलटकर जीता गोल्ड
सुजीत कलकल ने ताजिकिस्तान के अब्दुलमाजिद कुदिएव को 10-9 से हराकर शानदार गोल्ड मेडल जीत लिया। एक वक्त ऐसा था जब सुजीत 2-9 से पीछे चल रहे थे और उनकी हार लगभग तय लग रही थी, लेकिन मैच के आखिरी 90 सेकंड में उन्होंने जबरदस्त खेल दिखाते हुए गोल्ड मेडल अपने नाम किया।
Asian Games 2026: भारत को एक मिनट में मिले 2 गोल्ड; बॉक्सर अंकुश और रेसलर सुजीत बने चैंपियन
Asian Games 2026: भारत को एक मिनट में मिले 2 गोल्ड; बॉक्सर अंकुश और रेसलर सुजीत बने चैंपियन
Asian Games फाइनल में Malaysia से भिड़ेगी भारतीय Hockey टीम
काकामिगाहारा, दो अक्टूबर भारतीय पुरूष हॉकी टीम को मलेशिया के खिलाफ एशियाई खेलों के फाइनल में शनिवार को अपना खिताब बरकरार रखने और लॉस एंजिलिस ओलंपिक 2028 का टिकट कटाने के लिये गलतियों से सबक लेकर सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करना होगा। भारतीय टीम ने कभी लगातार दो एशियाई खेलों में स्वर्ण पदक नहीं जीता है और उसके पास शनिवार को यह कामयाबी हासिल करके भारतीय हॉकी का सुनहरा अध्याय लिखने का मौका है। सेमीफाइनल में चिर प्रतिद्वंद्वी पाकिस्तान के खिलाफ लचर प्रदर्शन के बाद अब मलेशिया के खिलाफ उन गलतियों को दोहराने से बचना होगा। पाकिस्तान के खिलाफ 23वें मिनट तक तीन गोल की बढत बनाने के बाद भारत ने दूसरे हाफ में तीन गोल गंवा दिये और आखिरी सीटी बजने से 45 सेकंड पहले अभिषेक के गोल के दम पर 4 . 3 से मिली जीत से फाइनल में जगह बनाई। पिछली बार की चैम्पियन भारतीय टीम को डिफेंस मजबूत रखना होगा। डिफेंस के चरमराने से ही पाकिस्तानी टीम का वापसी का मौका मिला था। सेमीफाइनल और फाइनल के बीच एक ही दिन का अंतर होने से रिकवरी भी अहम होगी। दूसरी ओर मलेशिया ने दक्षिण कोरिया को 2 . 1 से हराकर फाइनल में प्रवेश किया। पिछले तीन बार में मलेशिया दूसरी बार फाइनल में पहुंचा है। भारत के मुख्य कोच क्रेग फुल्टोन ने कहा ‘‘ मलेशिया ने अच्छा प्रदर्शन किया है और यह मुकाबला अच्छा रहेगा। हमने काफी समय से मलेशिया से खेला नहीं है। दोनों टीमें आक्रामक खेलती हैं और खिलाड़ियों के पास हुनर के साथ रफ्तार भी है।’’उन्होंने कहा ,‘‘ हम सिर्फ अपनी रणनीति पर फोकस करना चाहते हैं।’’भारत की उम्मीदें कप्तान हरमनप्रीत सिंह पर लगी होंगी जिन्होंने अब तक पेनल्टी कॉर्नर पर दस गोल किये हैं। पाकिस्तान के सूफियान खान के बाद इन खेलों में उनके नाम सर्वाधिक गोल हैं। स्ट्राइकर अभिषेक और दिलप्रीत सिंह भी नौ नौ गोल कर चुके हैं। मलेशिया के पास अनुभवी फैजल सारी और अबु कमाल अजराइ हैं जो नौ नौ गोल कर चुके हैं। भारत अगर स्वर्ण जीत जाता है तो हरमनप्रीत लगातार दो एशियाई खेलों में स्वर्ण पदक जीतने वाले पहले भारतीय कप्तान होंगे। वहीं मनप्रीत सिंह तीन एशियाई खेलों में स्वर्ण पदक जीतने वाले इकौते भारतीय खिलाड़ी बन जायेंगे। वह 2014 और 2023 में स्वर्ण जीत चुके हैं।
अंकुश पंघाल ने रचा इतिहास, मेंस बॉक्सिंग में 8 साल बाद भारत को दिलाया गोल्ड मेडल
एशियन गेम्स 2026 में भारत ने मुक्केबाजी में अपना तीसरा गोल्ड मेडल जीत लिया है। लवलीना और परवीन के बाद अब भारत के अंकुश पंघाल ने भी गोल्ड मेडल अपने नाम किया है।
2-9 से 10-9! Sujeet Kalkal ने आखिरी 11 सेकेंड में पलट दिया पूरा मुकाबला, जीता गोल्ड
एशियन गेम्स 2026 में भारत के पहलवान सुजीत कलकल ने 65 किलोग्राम भार वर्ग में गोल्ड मेडल जीत लिया है। फाइनल में उनका सामना ताजिकिस्तान के अब्दुलमजीद कुदिएव से हुआ। मुकाबले में एक समय सुजीत 2-9 से पीछे थे, लेकिन उन्होंने आखिरी 11 सेकेंड में शानदार दांव लगाकर स्कोर पलट दिया और 10-9 से मुकाबला अपने नाम कर लिया। पहले पीरियड में कुदिएव का दबदबा फाइनल की शुरुआत सुजीत के लिए मुश्किल रही। कुदिएव ने शुरुआत में ही उन्हें मैट से बाहर कर दो अंक हासिल किए। इसके तुरंत बाद उन्होंने दो और अंक लेकर अपनी बढ़त 4-0 कर ली। सुजीत ने इसके बाद कुदिएव के आक्रामक खेल का सामना करने की कोशिश की, लेकिन ताजिकिस्तान के पहलवान लगातार दांव लगाते रहे। पहले पीरियड में एक मिनट बाकी रहने तक कुदिएव ने 5-2 की बढ़त बना ली थी। इसके बाद कुदिएव ने सुजीत को मैट पर गिराकर उन पर फ्लिप किया और चार अंक हासिल कर लिए। इससे उनकी बढ़त 9-2 हो गई। इसे भी पढ़ें: पंच बरसे और गोल्ड आया! Ankush Panghal ने 4-0 से जीता एशियन गेम्स फाइनल दूसरे पीरियड में सुजीत ने शुरू की वापसी दूसरे पीरियड में सुजीत ने धीरे-धीरे वापसी शुरू की। करीब 1 मिनट 20 सेकेंड के बाद उन्होंने कुदिएव की बढ़त को कम करते हुए स्कोर 4-9 कर दिया। इसके बाद सुजीत ने एक और टेकडाउन किया और स्कोर 6-9 पर पहुंच गया। भारतीय पहलवान ने एक और दांव लगाकर कुदिएव की बढ़त को सिर्फ एक अंक तक सीमित कर दिया। अब स्कोर 8-9 था। इसे भी पढ़ें: Parveen Hooda ने एशियन गेम्स में जीता गोल्ड, 65 किग्रा बॉक्सिंग में Olympic Medalist को हराया आखिरी 11 सेकेंड में पलट गया पूरा मुकाबला मुकाबले के आखिरी क्षणों में सुजीत ने अपनी पूरी ताकत झोंक दी। जब सिर्फ 11 सेकेंड बाकी थे, तब उन्होंने शानदार दांव लगाकर दो अंक हासिल किए। इस दांव के साथ सुजीत के अंक 10 हो गए, जबकि कुदिएव 9 अंक पर ही रह गए। इस तरह सुजीत कलकल ने 10-9 से फाइनल जीतकर एशियन गेम्स 2026 का गोल्ड मेडल अपने नाम कर लिया। एक समय 2-9 से पीछे चल रहे सुजीत ने आखिरी 11 सेकेंड में मुकाबला पलटकर खुद को एशियन गेम्स का नया चैंपियन बना दिया।
Asian Games में Sujeet Kalakal ने 65 किग्रा कुश्ती में जीता गोल्ड मेडल
नागोया, दो अक्टूबर सुजीत कलकल ने पुरुषों के 65 किलोग्राम वर्ग में अपनी श्रेष्ठता साबित करते हुए शुक्रवार को यहां एशियाई खेलों की कुश्ती प्रतियोगिता में स्वर्ण पदक जीता और इस दौरान ओलंपिक चैंपियन को भी हराया। सुजीत ने फाइनल की राह में ईरान और जापान के मजबूत प्रतिद्वंद्वियों को हराया। इससे यह लगने लग गया था कि 23 वर्षीय सुजीत एशियाई खेलों में अपना पहला स्वर्ण पदक जीतने में सफल रहेंगे, लेकिन ताजिकिस्तान के अब्दुलमजीद कुदिएव ने भारतीय खिलाड़ी के लिए चुनौती खड़ी कर दी। सुजीत एक समय 2-9 से पीछे चल रहे थे लेकिन इसके बाद उन्होंने शानदार वापसी करते हुए लगातार आठ अंक बनाकर जीत हासिल की। इससे पहले सुजीत ने अफगानिस्तान के सैयद उमर ज़ज़ई को 13-3 हराया और क्वार्टर फाइनल में ईरान के अब्बास इब्राहिमजादेहसवादकुही के खिलाफ शानदार प्रदर्शन करते हुए बिना कोई अंक गंवाए तकनीकी श्रेष्ठता से जीत हासिल की। इसके बाद उन्होंने सेमीफाइनल में जापान के ओलंपिक चैंपियन कोतारो कियोका को 3-3 से हराया। स्कोर बराबर रहने के बाद सुजीत को अधिक अंक हासिल करने वाला दांव लगाने के कारण विजेता घोषित किया गया।
पंच बरसे और गोल्ड आया! Ankush Panghal ने 4-0 से जीता एशियन गेम्स फाइनल
भारत ने एशियन गेम्स 2026 में बॉक्सिंग में अपना छठा मेडल जीत लिया है। 80 किलोग्राम भारवर्ग के फाइनल में भारतीय मुक्केबाज अंकुश पंघाल ने कोरिया के किन मिएनसांग को 4-0 से हराकर गोल्ड मेडल अपने नाम किया। एशियन गेम्स में यह अंकुश का पहला गोल्ड मेडल है। 2018 के बाद मेंस बॉक्सिंग में भारत का पहला गोल्ड अंकुश पंघाल के गोल्ड के साथ ही 2018 के बाद मेंस बॉक्सिंग में भारत को एशियन गेम्स का पहला गोल्ड मेडल मिला है। इससे पहले 2018 में अमित पंघाल ने भारत के लिए गोल्ड मेडल जीता था। अंकुश ने 2026 कॉमनवेल्थ गेम्स में भी गोल्ड मेडल अपने नाम किया था। उन्होंने उस टूर्नामेंट के फाइनल में शानदार वापसी करते हुए स्वर्ण पदक जीता था। 80 किलोग्राम भारवर्ग में ब्रॉन्ज मेडल उज्बेकिस्तान के अरकीनेवबोएब फजलीदीन और जॉर्डन के आयशिश हुसैन ने जीता। इसे भी पढ़ें: Parveen Hooda ने एशियन गेम्स में जीता गोल्ड, 65 किग्रा बॉक्सिंग में Olympic Medalist को हराया बॉक्सिंग में भारत के छह मेडल अंकुश पंघाल का गोल्ड एशियन गेम्स 2026 में बॉक्सिंग में भारत का छठा मेडल है। इनमें तीन गोल्ड मेडल शामिल हैं। अंकुश से पहले लवलीना बोरगोहेन और परवीन हुड्डा ने भारत के लिए गोल्ड मेडल जीता था। लवलीना ने 75 किलोग्राम भारवर्ग में, जबकि परवीन ने 65 किलोग्राम भारवर्ग में स्वर्ण पदक अपने नाम किया। अंकुश के गोल्ड मेडल के साथ भारत मेडल टैली में पांचवें पायदान पर पहुंच गया है।
Parveen Hooda ने एशियन गेम्स में जीता गोल्ड, 65 किग्रा बॉक्सिंग में Olympic Medalist को हराया
भारतीय मुक्केबाज परवीन हुड्डा ने एशियन गेम्स 2026 में महिला बॉक्सिंग के 65 किलोग्राम वर्ग में गोल्ड मेडल जीत लिया है। फाइनल मुकाबले में उनका सामना चीनी ताइपे की ओलंपिक पदक विजेता चेन निएन-चिन से हुआ। परवीन ने शानदार प्रदर्शन करते हुए मुकाबला अपने नाम किया और भारत को महिला बॉक्सिंग में दूसरा गोल्ड मेडल दिलाया। इससे पहले लवलीना बोरगोहेन ने भारत के लिए गोल्ड जीता था। पहले राउंड में परवीन ने बनाई बढ़त फाइनल मुकाबले के पहले राउंड में चेन निएन-चिन के कुछ पंच परवीन को सही जगह लगे। मुकाबले के दौरान दोनों मुक्केबाजों के बीच करीबी टक्कर भी देखने को मिली, जिसके बाद रेफरी ने दोनों को अलग किया। इसके बाद परवीन ने तेजी दिखाते हुए कुछ अच्छे पंच लगाए। राउंड खत्म होने पर जजों ने 10-9 का फैसला परवीन के पक्ष में दिया। इस तरह भारतीय मुक्केबाज ने पहला राउंड 5-0 से अपने नाम किया। इसे भी पढ़ें: जन्मदिन पर Lovlina Borgohain ने रचा इतिहास, एशियाई खेलों में जीता Gold Medal दूसरे राउंड में चेन निएन-चिन की वापसी दूसरे राउंड में मुकाबले का रुख बदल गया। चेन निएन-चिन ने जोरदार बॉक्सिंग करते हुए परवीन पर दबाव बनाया। इस राउंड में जजों ने 10-9 का फैसला चीनी ताइपे की मुक्केबाज के पक्ष में दिया। इस शानदार वापसी के बाद मुकाबला बराबरी पर आ गया और आखिरी राउंड बेहद अहम हो गया। इसे भी पढ़ें: Asian Games में Nethra Kumanan ने जीता महिला डिंगी सेलिंग में ब्रॉन्ज मेडल आखिरी राउंड में परवीन ने जीता गोल्ड अंतिम राउंड में परवीन हुड्डा ने एक बार फिर अपनी पकड़ मजबूत की। उन्होंने राउंड में बेहतर प्रदर्शन किया और मुकाबले को अपने पक्ष में कर लिया। जजों ने आखिर में स्प्लिट फैसले के जरिए परवीन के पक्ष में 3-2 से फैसला सुनाया। इस जीत के साथ परवीन हुड्डा ने एशियन गेम्स 2026 में महिला बॉक्सिंग के 65 किलोग्राम वर्ग का गोल्ड मेडल अपने नाम कर लिया। यह एशियन गेम्स 2026 में महिला बॉक्सिंग में भारत का दूसरा गोल्ड मेडल है। इससे पहले लवलीना बोरगोहेन ने भारत को स्वर्ण पदक दिलाया था।
एशियन गेम्स में परवीन हुड्डा का धमाकेदार कमबैक, चीनी ताइपे की खिलाड़ी को हराकर जीता गोल्ड
चार साल पहले एशियन गेम्स में परवीन हुड्डा ने ब्रॉन्ज मेडल जीता था, लेकिन बाद में वह उनसे वापस ले लिया गया। लेकिन अब उन्होंने जबरदस्त वापसी की है। नागोया में हुए एशियन गेम्स के 65 किग्रा वर्ग में परवीन ने चीनी ताइपे की खिलाड़ी चेन निएन-चिन को 3-2 से हराकर गोल्ड मेडल अपने नाम कर लिया।
लवलीना बोरगोहेन ने खुद को दिया गोल्ड मेडल का बर्थडे गिफ्ट, परवीन ने भी स्वर्ण पदक पर किया कब्जा
लवलीना बोरगोहेन (75 किग्रा) और परवीन हुड्डा (65 किग्रा) ने शुक्रवार को अपने-अपने फाइनल में जीत दर्ज करते हुए एशियाई खेलों में महिला मुक्केबाजी के स्वर्ण के लिए भारत का 12 साल का इंतजार खत्म किया।
बॉक्सिंग में परवीन हुड्डा ने गाड़ा झंडा! भारत को मिला एक और गोल्ड, सुजीत-अंकुश से भी बड़ी उम्मीद
बॉक्सिंग में परवीन हुड्डा ने गाड़ा झंडा! भारत को मिला एक और गोल्ड, सुजीत-अंकुश से भी बड़ी उम्मीद
युजवेंद्र चहल ने प्रथम श्रेणी क्रिकेट को अलविदा कहा, देश के लिए टेस्ट खेलने का सपना रहा अधूरा
भारतीय क्रिकेट टीम के लेग स्पिनर युजवेंद्र चहल ने प्रथम श्रेणी क्रिकेट को अलविदा कह दिया है। चहल अब कभी भी व्हाइट जर्सी में रेड बॉल क्रिकेट खेलते हुए दिखाई नहीं देंगे।
नेत्रा कुमानन ने महिलाओं की डिंगी सेलिंग में ब्रॉन्ज मेडल जीता: एशियन गेम्स
गामागोरी, भारत की सेलर नेत्रा कुमानन ने महिलाओं की डिंगी में ब्रॉन्ज मेडल जीता।
युजवेंद्र चहल ने लिया बड़ा फैसला, फर्स्ट क्लास क्रिकेट से रिटायरमेंट का किया ऐलान
भारतीय क्रिकेट टीम के खिलाड़ी युजवेंद्र चहल जो पिछले काफी समय से टीम इंडिया के स्क्वाड से बाहर चल रहे हैं उन्होंने अब बड़ा फैसला लेते हुए फर्स्ट क्लास क्रिकेट से अपने रिटायरमेंट का ऐलान कर दिया है।
अंशुल कंबोज को टीम में शामिल किए जाने के समय वह भारत ए की ओर से ऑस्ट्रेलिया ए के खिलाफ चार दिवसीय मुकाबला खेल रहे थे। यह मैच पुडुचेरी में खेला जा रहा है। भारतीय टीम में शामिल होने के लिए चंडीगढ़ रवाना होने से पहले कंबोज ने पहली पारी में 17.3 ओवर गेंदबाजी की और तीन विकेट अपने नाम किए।
वर्ल्ड कप 2027 से पहले पाकिस्तान को बड़ा झटका! 'ग्रुप ऑफ डेथ' से दूसरे राउंड में बाहर होने का डर
वर्ल्ड कप 2027 से पहले पाकिस्तान को बड़ा झटका! 'ग्रुप ऑफ डेथ' से दूसरे राउंड में बाहर होने का डर
44 साल का इंतजार खत्म करने उतरेगी भारतीय महिला हॉकी टीम, चीन से गोल्ड मेडल मैच
भारतीय महिला हॉकी टीम और चीन के बीच शुक्रवार को फाइनल मुकाबला होगा। भारत ने एशियाई खेलों में एकमात्र स्वर्ण 1982 में दिल्ली में जीता था।
भारत के पुरुष क्वाड्रंट ने सेपकटकराव में ब्रॉन्ज मेडल जीता: एशियन गेम्स
नागोया, एशियन गेम्स 2026 में नागोया सिटी मिजुहो पार्क जिम्नेजियम में शुक्रवार को खेले गए सेमीफाइनल मुकाबले में जापान से 0-2 से हारकर भारतीय पुरुष क्वाड्रंट टीम को सेपकटकराव में ब्रॉन्ज मेडल से संतोष करना पड़ा।
भारत के लेग स्पिनर युजवेंद्र चहल ने फर्स्ट क्लास क्रिकेट से संन्यास ले लिया है। उन्होंने कहा कि टेस्ट कैप हासिल करना अब संभव नहीं है। चहल ने कभी भारत के लिए टेस्ट क्रिकेट नहीं खेला। उन्होंने 72 वनडे और 80 टी-20 इंटरनेशनल खेले हैं। उनका आखिरी इंटरनेशनल मैच अगस्त 2023 में टी-20 था। टेस्ट कैप हमेशा मेरा सपना रही चहल ने कहा कि देश के लिए खेलने की उनकी भूख अभी भी बरकरार है। वह वनडे और टी-20 में वापसी के लिए पूरी कोशिश करेंगे। उन्होंने इंस्टाग्राम पोस्ट में बताया लिखा, मेरे लिए रेड-बॉल क्रिकेट कभी सिर्फ एक और फॉर्मेट नहीं था। यहीं मैंने धैर्य, चरित्र, जुझारूपन और लंबे समय तक मैदान पर रहने की खुशी सीखी। उन्होंने आगे लिखा, मैंने अपना आखिरी फर्स्ट क्लास मैच लॉर्ड्स में खेला। यह लिखना भावुक कर देने वाला है, क्योंकि टेस्ट कैप हमेशा मेरा सपना रही। यह सपना कई सालों तक मेरे साथ रहा। चहल ने कहा, यह सपना पूरा नहीं हुआ, लेकिन मैं अपने सफर से सचमुच संतुष्ट हूं। इस फॉर्मेट में मिले हर मौके के लिए मैं बेहद आभारी हूं। चहल ने कहा- अभी सब खत्म नहीं हुआ चहल ने अपने पोस्ट में लिखा, अभी सब खत्म नहीं हुआ है। देश के लिए खेलने की भूख अभी भी पूरी तरह बरकरार है। मुझे लगता है कि मेरे अंदर अभी क्रिकेट बाकी है। उन्होंने आगे लिखा, मैं वनडे और टी-20 फॉर्मेट में एक और मौका हासिल करने के लिए अपना सबकुछ लगा दूंगा। फर्स्ट क्लास क्रिकेट में 148 विकेट लिए चहल ने 2009 में हरियाणा के लिए फर्स्ट क्लास करियर शुरू किया था। उन्होंने 49 मैचों में 32.27 की औसत से 148 विकेट लिए। उनका आखिरी फर्स्ट क्लास क्रिकेट नॉर्थम्पटनशायर के लिए रहा। उन्होंने 2026 काउंटी चैंपियनशिप के डिविजन-2 में 21 विकेट लिए। --------------------- स्पोर्ट्स की यह खबर भी पढ़ें… अफगानिस्तान ने नबी-रसूली को बाहर किया अफगानिस्तान ने बांग्लादेश और जिम्बाब्वे के खिलाफ सीरीज के लिए टीमों का ऐलान किया है। ऑलराउंडर मोहम्मद नबी और मिडिल ऑर्डर बल्लेबाज दारविश रसूली को टीम में जगह नहीं मिली है। अफगानिस्तान 9 अक्टूबर से बांग्लादेश के खिलाफ UAE में एक टेस्ट खेलेगा। इसके बाद 17 से 23 अक्टूबर तक बांग्लादेश और जिम्बाब्वे के साथ ट्राई-सीरीज होगी। पूरी खबर…
पुरुष रिकर्व टीम इवेंट में भारत को सिल्वर मेडल: एशियन गेम्स
ओकाजाकी, भारतीय पुरुष रिकर्व तीरंदाजी टीम को शुक्रवार को ओकाजाकी चुओ सोगो पार्क मल्टीपर्पस स्क्वायर में फाइनल में नौ बार की चैंपियन दक्षिण कोरियाई टीम ने हरा दिया।
एशियन गेम्स: पुरुष रिकर्व टीम इवेंट में भारत को सिल्वर मेडल, फाइनल में दक्षिण कोरिया से मिली हार
भारतीय पुरुष रिकर्व तीरंदाजी टीम को शुक्रवार को ओकाजाकी चुओ सोगो पार्क मल्टीपर्पस स्क्वायर में फाइनल में नौ बार की चैंपियन दक्षिण कोरियाई टीम ने हरा दिया। हार के कारण भारतीय टीम को सिल्वर मेडल से संतोष करना पड़ा।
चहल ने लिया बड़ा फैसला, अचानक क्रिकेट से संन्यास का ऐलान
युजवेंद्र चहल ने फर्स्ट क्लास क्रिकेट से संन्यास का ऐलान कर दिया है. उनका यह फैसला तत्काल प्रभाव से लागू होगा. हालांकि, चहल व्हाइट-बॉल क्रिकेट खेलना जारी रखेंगे. उन्होंने अपना आखिरी रेड-बॉल मुकाबला लॉर्ड्स में नॉर्थम्पटनशायर के लिए खेला था. यानी अब चहल के क्रिकेट करियर का फर्स्ट क्लास अध्याय खत्म हो गया है, लेकिन सफेद गेंद का सफर जारी रहेगा.
Asian Games में भारतीय पुरुष रिकर्व टीम ने जीता Silver, फाइनल में कोरिया से 1-5 से मिली हार
भारतीय पुरुष रिकर्व तीरंदाजी टीम शुक्रवार को यहां एशियाई खेलों के फाइनल में गत चैंपियन दक्षिण कोरिया से 1-5 से हार गयी , जिससे उसे रजत पदक से संतोष करना पड़ा। धीरज बोम्मादेवरा, यशदीप भोगे और नीरज चौहान की भारतीय तिकड़ी ने दक्षिण कोरिया की शुरुआती चूक का फायदा उठाते हुए अच्छी शुरुआत की, लेकिन बढ़त कायम नहीं रख सकी। भारत को 56-56, 50-57, 54-56 से हार का सामना करना पड़ा। इसे भी पढ़ें: Lovlina Borgohain ने Asian Games में जीता स्वर्ण पदक, फाइनल में चीन की बाओ जियी को 5-0 से हराया दक्षिण कोरिया ने पहले सेट की शुरुआत में आठ अंक हासिल किए, जिसके बाद भारत के पास बढ़त लेने का मौका था। लेकिन दोनों टीमें 56-56 के स्कोर पर रहीं। इसके बाद ली वू-सियोक, किम जे-देओक और किम वू-जिन की कोरियाई टीम ने दूसरे सेट में अपने पहले तीन तीरों पर 10-10 अंक हासिल करते हुए दबाव बना दिया। भारतीय तीरंदाज इस सेट में लय से भटक गए और एक भी 10 अंक हासिल नहीं कर सके। नतीजतन कोरिया ने यह सेट 57-50 से अपने नाम कर लिया। अंतिम सेट में नीरज के चौथे तीर पर सात अंक भारत के लिए निराशाजनक साबित हुए और कोरिया ने 56-54 से सेट जीतकर मुकाबला अपने नाम कर लिया। इसे भी पढ़ें: Asian Games में Nethra Kumanan ने जीता महिला डिंगी सेलिंग में ब्रॉन्ज मेडल भारत ने इससे पहले सेमीफाइनल में ईरान को 6-0 से हराकर फाइनल में जगह बनाई थी। इससे पहले सुबह के सत्र में भारतीय महिला रिकर्व टीम ने शानदार प्रदर्शन करते हुए 10 बार की ओलंपिक चैंपियन दक्षिण कोरिया को हराकर एशियाई खेलों का अपना पहला स्वर्ण पदक जीता। मिश्रित रिकर्व टीम ने भी रजत पदक हासिल किया, जिससे एशियाई खेलों में भारतीय तीरंदाजों का शानदार प्रदर्शन जारी रहा।
Asian Games में Nethra Kumanan ने जीता महिला डिंगी सेलिंग में ब्रॉन्ज मेडल
भारत की नेत्रा कुमानन ने शुक्रवार को एशियाई खेलों की महिला डिंगी सेलिंग स्पर्धा में कांस्य पदक जीतकर अपने चौथे एशियाई खेल अभियान में पहला पदक हासिल किया। चेन्नई की 29 वर्षीय नेत्रा ने कुल 14 अंक हासिल किए। दो बार की इस ओलंपियन ने फाइनल रेस में सात और क्वालीफिकेशन रेस में भी सात अंक जुटाए और तीसरे स्थान पर रहीं। थाईलैंड की सोफिया मॉन्टगोमरी ने पांच अंक के साथ स्वर्ण, जबकि सिंगापुर की जेनिया आंग ने 13 अंक के साथ रजत पदक जीता। नेत्रा ने अपने प्रदर्शन के बारे में कहा, ‘‘मेरी भावनाएं मिली-जुली हैं। यह मेरे चौथे एशियाई खेल हैं और आखिरकार यहां से कोई पदक लेकर लौटना अच्छा लग रहा है। इसे भी पढ़ें: एशियाई खेलों में Nethra Kumanan ने जीता कांस्य, सेलिंग में भारत को मिली सफलता मैंने हालांकि कई गलतियां कीं और काफी अंक गंवाए।’’ सेलिंग में प्रत्येक रेस में हासिल किए गए स्थान के आधार पर अंक दिए जाते हैं। पहला स्थान हासिल करने वाले खिलाड़ी को एक अंक मिलता है और सबसे कम कुल अंक वाला खिलाड़ी विजेता बनता है। नेत्रा ने अपनी अंतिम दो रेस में से एक में जीत हासिल की, जबकि दूसरी रेस में वह छठे स्थान पर रहीं। वह 2014, 2018 और 2022 के एशियाई खेलों में हिस्सा ले चुकी हैं, लेकिन इनमें से दो आयोजनों में वह बेहद करीबी अंतर से चौथे स्थान पर रही थीं। नेत्रा ने अपनी अंतिम दो रेस के बारे में कहा, ‘‘हवा तेज और लगातार बदल रही थी। पहली रेस की शुरुआत में मैंने बहुत बड़ी गलती की। इसे भी पढ़ें: एशियन गेम्स में भारतीय सेलिंग टीम को कामयाबी, मनु फ्रांसिस और प्रिंस नोबल ने जीता रजत पदक बिना दबाव और बिना हवा के मैंने ‘टैक’ किया और तुरंत मुकाबले से बाहर हो गई।’’ उन्होंने कहा, ‘‘मुझे पता था कि आखिरी रेस मुझे हर हाल में जीतनी होगी, वरना मेरे लिए सब खत्म हो जाता। मैंने वही किया। मुझे वापसी करनी थी।’’ सेलिंग को मानसिक मजबूती का खेल बताते हुए नेत्रा ने कहा कि इसमें कम से कम गलतियां करना सबसे अहम है। उन्होंने कहा, ‘‘यह इस बात पर निर्भर करता है कि कौन कम गलतियां करता है और दबाव को सबसे अच्छी तरह कौन संभालता है। मैंने काफी गलतियां कीं, लेकिन आखिरी रेस में मैं कुछ हद तक इसकी भरपाई करने में सफल रही।’’ पुरुष वर्ग में भारत के विष्णु सरवनन चौथे स्थान पर रहे। उन्होंने अपनी दोनों अंतिम रेस में दूसरा स्थान हासिल किया, लेकिन क्वालीफिकेशन में मिले 17 अंकों के कारण उनका कुल स्कोर 21 रहा। इसे भी पढ़ें: Asian Games में Sri Lanka को 124 रन से रौंदकर Final में पहुंचा India, Pakistan से होगा मुकाबला ओलंपिक में भारत का प्रतिनिधित्व कर चुके इस 27 वर्षीय इस खिलाड़ी ने पिछले एशियाई खेलों में कांस्य पदक जीता था। इस स्पर्धा का स्वर्ण कोरिया के जीमिन हा ने नौ अंकों के साथ जीता। हांगकांग के निकोलस हॉलिडे ने 11 अंकों के साथ रजत जबकि मलेशिया के मोहद खैरुलनिजाम ने 14 अंकों के साथ कांस्य पदक जीता। इससे पहले बृहस्पतिवार को भारत के मनु फ्रांसिस और कुरिसिंकल नोबल ने पुरुष स्किफ स्पर्धा में रजत पदक जीता था, जबकि महिलाओं की स्पर्धा में हर्षिता तोमर और शीतल वर्मा की जोड़ी ने कांस्य पदक अपने नाम किया था।
Lovlina Borgohain ने Asian Games में जीता स्वर्ण पदक, फाइनल में चीन की बाओ जियी को 5-0 से हराया
भारत की सबसे सफल मुक्केबाजों में शामिल लवलीना बोरगोहेन ने शुक्रवार को अपने जन्मदिन पर शानदार तोहफा देते हुए चीन की बाओ जियी को 75 किग्रा वर्ग के फाइनल में हराकर एशियाई खेलों में देश के लिए 12 साल बाद महिला मुक्केबाजी का स्वर्ण पदक जीता। ओलंपिक कांस्य पदक विजेता लवलीना ने 29वें जन्मदिन को खास बनाते हुए बाओ को 5-0 के सर्वसम्मत फैसले से हराया। उन्होंने इसके साथ ही पिछले एशियाई खेलों में जीते रजत पदक का रंग बदल दिया। इस जीत के साथ लवलीना एशियाई खेलों में मुक्केबाजी का स्वर्ण जीतने वाली दूसरी भारतीय महिला बन गईं। उनसे पहले महान मुक्केबाज एमसी मैरी कॉम ने 2014 के इंचियोन एशियाई खेलों में 51 किग्रा फ्लाइवेट वर्ग का स्वर्ण पदक जीता था। लवलीना ने जीत के बाद कहा, ‘‘आज मेरा जन्मदिन है। यह मेरे लिए बेहद खास जन्मदिन है और मैं बहुत अच्छा महसूस कर रही हूं। मैंने सोचा था कि जन्मदिन पर खुद को स्वर्ण पदक का तोहफा दूंगी। पहली बार मैंने खुद को कोई तोहफा दिया है। इसे भी पढ़ें: Asian Games में Lovlina Borgohain ने 75 किग्रा वर्ग में जीता ऐतिहासिक स्वर्ण पदक मैंने अपना सब कुछ झोंक दिया। एक पल के लिए भी नहीं सोचा कि मैं हार सकती हूं।’’ उन्होंने कहा, ‘‘मुकाबला बहुत कठिन था, लेकिन मेरे दिमाग में सिर्फ यही चल रहा था कि मुझे जीतना है। आखिरी राउंड बहुत मुश्किल था। पहले और दूसरे राउंड में मैं 2-1 से आगे थी, इसलिए मैंने सोचा कि अब मुझे सिर्फ तीसरा राउंड जीतना है।’’ लवलीना ने कहा, ‘‘मेरी प्रतिद्वंद्वी बहुत मजबूत थी और मैं पहली बार उसके खिलाफ खेल रही थी। इसलिए मुझे पता नहीं था कि वह किस तरह से मुकाबला करेगी। मैं खुद को लगातार प्रेरित कर रही थी कि मुझे जीतना है, मैं हारना नहीं चाहती।’’ लवलीना ने अपनी लंबाई का भरपूर फायदा उठाया, जबकि बाओ लगातार दूरी कम करने और भारतीय मुक्केबाज को मुक्के चलाने के लिए पर्याप्त जगह नहीं देने की कोशिश करती रहीं। इसके चलते मुकाबला कई बार उलझा हुआ नजर आया और बाओ ने बार-बार क्लिंच का सहारा लिया। आमतौर पर अपने रक्षात्मक अंदाज अपनाने वाली लवलीना ने इस मुकाबले में आक्रामक शुरुआत की और शुरुआती दौर में ही कुछ सटीक मुक्के जड़े। बाओ ने भी पलटवार में कोई कमी नहीं छोड़ी। इसे भी पढ़ें: जन्मदिन पर Lovlina Borgohain ने रचा इतिहास, एशियाई खेलों में जीता Gold Medal चीन की खब्बू मुक्केबाज ने कुछ अच्छे जवाबी हमले किये, लेकिन लवलीना ने राउंड के आखिरी हिस्से में जोरदार वापसी करते हुए कुछ सटीक और दमदार पंच लगाए और 3-2 से पहला राउंड अपने नाम किया। दूसरे राउंड में पिछड़ने के बाद बाओ ने आक्रामक रुख अपनाते हुए दूरी कम करने की कोशिश की। लवलीना ने उन्हें दूर रखते हुए अपने मुक्कों के लिए जगह बनाने की रणनीति अपनाई। राउंड के आखिरी हिस्से में भारतीय मुक्केबाज ने सही दूरी तलाश ली और लगातार सटीक प्रहार करते हुए जजों के स्कोरकार्ड पर 4-1 से बढ़त बना ली। अंतिम राउंड में भी यही सिलसिला जारी रहा। बाओ ने बड़ी संख्या में मुक्के चलाए, लेकिन उन्हें साफ तरीके से निशाने पर लगाने में परेशानी हुई। लवलीना ने मजबूत डिफेंस के साथ अपने मौके का इंतजार किया और सही समय पर पलटवार किया। बढ़त मजबूत करने के बाद लवलीना ने मुकाबले के अंतिम क्षणों में रफ्तार धीमी कर दी और अनावश्यक रूप से भिड़ने से बचते हुए बाओ को दूरी पर रखा तथा मुकाबला अपने नाम कर लिया। पिछले एशियाई खेलों में लवलीना को चीन की एक अन्य मुक्केबाज ली कियान के खिलाफ फाइनल में हारकर रजत पदक से संतोष करना पड़ा था। इसे भी पढ़ें: Lovlina Borgohain ने Asian Games में जीता स्वर्ण, फाइनल में चीन की बाओ को 5-0 से हराया इस बार उन्होंने उस नतीजे को दोहराने का कोई मौका नहीं दिया। आइची-नागोया में भारतीय मुक्केबाजों ने पिछले एशियाई खेलों के प्रदर्शन में सुधार करते हुए अब तक छह पदक पक्के कर लिए हैं। प्रिया घंघास (60 किग्रा), कपिल पोखरिया (90 किग्रा) और नरेंद्र बरवाल (90 किग्रा से अधिक) ने कांस्य पदक जीते हैं। परवीन हुड्डा (65 किग्रा) और अंकुश पंघाल (80 किग्रा) दिन में बाद में स्वर्ण पदक के लिए रिंग में उतरेंगे। एशियाई खेलों में भारत का अब तक का सर्वश्रेष्ठ मुक्केबाजी प्रदर्शन 2010 के ग्वांगझोउ खेलों में रहा था, जहां भारतीय दल ने कुल नौ पदक जीते थे। इनमें दो स्वर्ण, तीन रजत और चार कांस्य पदक शामिल थे। महाद्वीपीय प्रतियोगिता में भारतीय मुक्केबाजों का यह शानदार प्रदर्शन पिछले महीने ग्लास्गो में हुए राष्ट्रमंडल खेलों में रिकॉर्डतोड़ अभियान के बाद आया है।
Kolkata के Salt Lake Stadium में 5 बार की चैंपियन Brazil से भिड़ेगी Indian Football Team
भारतीय फुटबॉल टीम अभी तक के अपने सबसे बड़े मुकाबले में शनिवार को यहां जब पांच बार की विश्व चैंपियन ब्राजील के खिलाफ प्रतिष्ठित सॉल्ट लेक स्टेडियम में मैत्री मैच खेलने के लिए उतरेगी तो वह बिना किसी दबाव के अपना सर्वश्रेष्ठ खेल खेलने की कोशिश करेगी। कई स्टार खिलाड़ियों से सजी और विश्व रैंकिंग में पांचवें स्थान पर काबिज ब्राजील पहली बार भारत के खिलाफ अंतरराष्ट्रीय मैच खेलेगा। उसकी टीम में रियाल मैड्रिड के फॉरवर्ड विनीसियस जूनियर, आर्सेनल के डिफेंडर गैब्रियल मैगाल्हेस, मिडफील्डर ब्रूनो गुइमारेस और अनुभवी मार्क्विनहोस शामिल हैं। ब्राजील की टीम ऐसे शहर पहुंची है जहां उनकी पीली जर्सी के दीवानों की कमी नहीं है। विश्व कप के दौरान यह शहर ब्राजील और अर्जेंटीना की जर्सी रंग से पटा रहता है। कागजों पर भले ही यह मुकाबला बेमेल नजर आ रहा हो लेकिन 138वें स्थान पर काबिज भारत के लिए अपनी प्रगति को परखने का यह शानदार मौका है। भारतीय टीम कभी भी विश्व कप के लिए क्वालीफाई नहीं कर पाई है और वह सऊदी अरब में होने वाले 2027 एशियाई कप के लिए भी क्वालीफाई करने में असफल रही है जिससे पता चलता है कि एशिया की मजबूत टीमों और भारत के बीच भी बड़ा अंतर है। अखिल भारतीय फुटबाल महासंघ (एआईएफएफ) इस मुकाबले को अलग नजर से देख रहा है। उसका मानना है कि ब्राजील जैसी प्रतिष्ठित टीम के खिलाफ खेलने से भारत को नए प्रशंसक मिलेंगे और भारतीय खिलाड़ियों को ऐसा अनुभव मिलेगा जो उन्हें शायद ही कभी मिलता। भारत ने फीफा आसियान कप के उद्घाटन सत्र से नाम वापस ले लिया ताकि ब्राजील के साथ मैच खेल सके। भारत के पूर्व कप्तान बाइचुंग भूटिया ने इस फैसले पर सवाल उठाया है। उन्होंने ब्राजील की टीम को कोलकाता लाने के लिए लगाई गई बड़ी धनराशि पर भी सवाल उठाए हैं। रिपोर्टों के अनुसार कुल लागत 50-70 करोड़ रुपये के बीच बताई गई है, जबकि एक अलग रिपोर्ट में कहा गया है कि एआईएफएफ ने ब्राजील के 90 सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल के लिए चार्टर फ्लाइट पर लगभग छह करोड़ रुपये खर्च किए थे। देश में क्रिकेट का वर्चस्व है, जबकि भारतीय फुटबॉल वित्तीय समस्याओं से जूझ रहा है। इंडियन सुपर लीग पिछले साल से अपने भविष्य और प्रारूप को लेकर अनिश्चितता के दलदल में फंसी हुई थी। ब्राजील की यात्रा का समय भी राजनीतिक पृष्ठभूमि से जुड़ा हुआ है। इस मैच को पश्चिम बंगाल की भाजपा सरकार का पूरा समर्थन मिला है, जिसने उसी सॉल्ट लेक स्टेडियम में लियोनेल मेस्सी के कार्यक्रम के बाद सत्ता संभाली है। तब यहां अराजकता का माहौल बन गया था। उस समय राज्य में तृणमूल कांग्रेस की सरकार थी। ब्राजील मुख्य कोच कार्लो एंसेलोटी की निगरानी में नए सिरे से टीम तैयार करने में लगा है। उसे विश्व कप 2026 के प्री-क्वार्टर फाइनल में नॉर्वे ने बाहर कर दिया था। कोच ने अनुभवी अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ियों के साथ युवा खिलाड़ियों का मिश्रण तैयार किया है। विनीसियस सबसे बड़ा आकर्षण हैं। उन्होंने भारत दौरे पर आने से पहले ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ खेले गए मैच में ब्राजील की 4-2 की जीत में तीसरा गोल किया था। मार्क्विनहोस और गेब्रियल मैगलहेस और ब्रूनो गुइमारेस भी अपने प्रदर्शन से विशेष छाप छोड़ने की कोशिश करेंगे। राफिन्हा के बाहर होने के बाद ब्राजील मध्य पंक्ति में स्ट्राइकर की भूमिका के लिए एंड्रिक या जोआओ पेड्रो को उतार सकता है, जबकि विनीसियस जूनियर बाएं और रायन दाईं तरफ का जिम्मा संभालेंगे। खालिद जमील की अगुवाई वाली भारतीय टीम 25 सितंबर को बेंगलुरु में पनामा के खिलाफ कड़े मुकाबले में 1-1 से ड्रॉ खेलने के बाद इस मैच में उतर रही है। पनामा के खिलाफ रयान विलियम्स ने भारत की तरफ से गोल किया था। ब्राजील भारत की रक्षापंक्ति के हर पहलू की परीक्षा लेगा क्योंकि भारत के लंबे समय तक गेंद पर कब्जा बनाए रखने की संभावना कम है। भारत की तरफ से विलियम्स, आशिक कुरुनियान और अनवर अली की भूमिका महत्वपूर्ण होगी। टीम इस प्रकार हैं: भारत: गोलकीपर: अल्बिनो गोम्स, गुरप्रीत सिंह संधू, प्रभसुखन सिंह गिल, सोम कुमार। डिफेंडर: अभिषेक सिंह टेकचाम, आकाश मिश्रा, अनवर अली, बिजॉय वर्गीस, हिंगथनमाविया राल्टे, जय गुप्ता, प्रमवीर, रिकी मीतेई हाओबम। मिडफील्डर: अनिरुद्ध थापा, आशिक कुरुनियन, फारुख चौधरी, लालेंगमाविया राल्टे, मैकर्टन निकसन, मोहम्मद सनन, रिकी शाबोंग, सहल अब्दुल समद। फॉरवर्ड: एडमंड लालरिंदिका, इरफान यदवाड, मनवीर सिंह, रहीम अली, रयान विलियम्स, विक्रम प्रताप सिंह। ब्राजील: गोलकीपर: ह्यूगो सूजा, पेड्रो मोरिस्को, ओटावियो। डिफेंडर: आर्थर डायस, डगलस सैंटोस, गेब्रियल मैगलहेस, जेयर, मार्क्विनहोस, मैथ्यूज़िन्हो, माउरो जूनियर, विटोर रीस, वेस्ले। मिडफील्डर: एंड्री सैंटोस, ब्रेनो बिडोन, ब्रूनो गुइमारेस, डेनिलो सैंटोस, डगलस लुइज़, गेब्रियल बोंटेम्पो। फॉरवर्ड: एंड्रिक, स्टीफन, जोआओ पेड्रो, पेड्रो, रेयान, सैमुअल लिनो, विनीसियस जूनियर। मैच शुरू होने का समय: शाम 7.30 बजे।
ब्राजील फुटबॉल टीम अपने शेफ और न्यूट्रिशनिस्ट के साथ भारत आई है। टीम को 3 अक्टूबर को कोलकाता में साल्ट लेक स्टेडियम में भारत के खिलाफ फ्रेंडली मैच खेलना है। खिलाड़ियों को दिन में करीब 5 बार खाना दिया जा रहा है। डाइट में तेल की मात्रा बेहद कम रखी गई है और खाना पकाने में मुख्य रूप से ऑलिव ऑयल का इस्तेमाल हो रहा है। टीम के शेफ और न्यूट्रिशनिस्ट हर मील की निगरानी कर रहे हैं। मछली और सी-फूड पर खास जोर, लंच-डिनर में राइस से चिकन तक ब्राजील के खिलाड़ी मछली और सी-फूड पसंद करते हैं। कोलकाता में उन्हें ताजी मछली की अलग-अलग वैरायटी परोसी जा रही हैं। इन्हें टीम के अपने शेफ ही तैयार कर रहे हैं। लंच और डिनर में मछली के अलावा राइस, स्पैगेटी, बेक्ड बीन्स, चिकन, मीट और ग्रीन सलाद शामिल हैं। डेजर्ट भी सीमित मात्रा में दिया जा रहा है। खाने के साथ खिलाड़ियों के लिए पीने का पानी भी बाहर से मंगाया जा रहा है। ब्रेकफास्ट में उबले अंडे, ब्रेड और फ्रूट्स शुक्रवार सुबह खिलाड़ियों के लिए ब्रेकफास्ट में ब्रेड, उबले अंडे, ताजे फल और हरी सब्जियों का सलाद परोसा गया। फ्रेश फ्रूट्स और ड्राय फ्रूट्स भी डाइट का हिस्सा हैं। खिलाड़ियों के बेवरेज के लिए भी खास रूटीन तय किया गया है। पीने का पानी भी बाहर से मंगाया जा रहा टीम के खिलाड़ियों के लिए पीने का पानी भी बाहर से सोर्स कर मंगाया जा रहा है। खाने और पेय पदार्थों के साथ हाइड्रेशन को भी तय रूटीन के मुताबिक रखा गया है। सुबह हल्का जिम सेशन डाइट के साथ खिलाड़ी सुबह हल्का जिम सेशन भी कर रहे हैं। FIFA फ्रेंडली से पहले कोलकाता में टीम का रूटीन उसके अपने शेफ, न्यूट्रिशनिस्ट और तय फिटनेस प्लान के मुताबिक चल रहा है। ----------------------------------- स्पोर्ट्स की यह खबर भी पढ़ें… भारत-पाकिस्तान 2027 के वनडे वर्ल्डकप में 10 अक्टूबर को भिड़ेंगे:3 बार आमने-सामने आ सकते हैं, विश्वकप में भारत ने हर बार पाकिस्तान को हराया भारत और पाकिस्तान 2027 वनडे वर्ल्ड कप में 10 अक्टूबर को आमने-सामने होंगे। दोनों टीमें एक ही ग्रुप में हैं। टूर्नामेंट के दौरान दोनों के बीच 3 बार मुकाबला हो सकता है। पूरी खबर
उत्तराखंड प्रीमियर लीग के तीसरे सीजन के रोमांचक फाइनल मुकाबले में देहरादून वॉरियर्स ने ऐतिहासिक जीत दर्ज की है जिसमें उन्होंने खिताबी मैच में हरिद्वार इल्मास को 36 रनों से मात देने के साथ ट्रॉफी पर अपना कब्जा किया।
Asian Games में Lovlina Borgohain ने 75 किग्रा वर्ग में जीता ऐतिहासिक स्वर्ण पदक
(तस्वीरों के साथ)....फिलेम दीपक सिंह...निशियो, दो अक्टूबर लवलीना बोरगोहेन ने 2024 ओलंपिक के बाद मुक्केबाजी से संन्यास लेने की योजना बनाई थी, लेकिन पेरिस खेलों में पदक से चूकने के कारण उन्होंने अपना इरादा बदल दिया जो उनके लिए फायदेमंद साबित हुआ क्योंकि भारतीय स्टार ने शुक्रवार को यहां एशियाई खेलों में अपना पहला स्वर्ण पदक जीता। ओलंपिक कांस्य पदक विजेता ने अपने जन्मदिन पर 75 किलोग्राम वर्ग के फाइनल में चीन की ज़ियी बाओ को 5-0 से हराकर एशियाई खेलों की महिला मुक्केबाजी में भारत के 12 साल से चले आ रहा स्वर्ण पदक का इंतजार खत्म किया। उन्होंने पिछले एशियाई खेलों में रजत पदक जीता था। लवलीना ने अपने मुकाबले के बाद कहा, ‘‘मेरे लिए यह वर्ष काफी मुश्किल रहा। पहले मैं मुक्केबाजी छोड़ना चाहती थी। लेकिन मैंने जारी रखा। मैं एशियाई खेलों में अपने पदक का रंग बदलना चाहती थी। यह बहुत महत्वपूर्ण था। उससे भी ज्यादा महत्वपूर्ण यह है कि मैंने खेलना जारी रखा।’’असम की रहने वाली इस मुक्केबाज ने तोक्यो ओलंपिक में कांस्य पदक जीता था लेकिन पेरिस ओलंपिक से उन्हें खाली हाथ लौटना पड़ा था। इसके बाद उन्होंने एक साल के लिए ब्रेक लिया और फिर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर वापसी की। वह राष्ट्रमंडल खेलों में स्वर्ण पदक जीतने से चूक गई थी। उन्होंने कहा, ‘‘राष्ट्रमंडल खेलों में रजत पदक जीतने से मैं खुश नहीं थी। लेकिन एक खिलाड़ी के जीवन में बहुत सी चीजें होती हैं, जैसे हार, चोट। आपको बहुत सी चीजों का सामना करना पड़ता है। यह स्वर्ण पदक मेरे लिए बहुत महत्व रखता है।’’लवलीना ने कहा, ‘‘मैं अच्छा महसूस कर रही हूं। मुझे नहीं पता कि स्वर्ण पदक का जश्न कैसे मनाऊं। मुझे अपनी इस जीत को स्वीकार करने के लिए कुछ समय चाहिए। मैं बहुत अच्छा महसूस कर रही हूं।’’इस 29 वर्षीय खिलाड़ी ने कहा, ‘‘मुझे मजबूत रहना होगा और जीतना होगा। मैं हर चीज को लेकर बहुत सकारात्मक थी। जापान मेरे लिए बहुत भाग्यशाली है। मैं हमेशा जीतने के बारे में सोचती हूं।’’लवलीना से जब पूछा गया कि स्वर्ण पदक जीतने के बाद वह सबसे पहले किसे फोन करेंगी, उन्होंने कहा, ‘‘मैं सबसे पहले अपनी मां को फोन करूंगी। वह मेरे मैच नहीं देखतीं क्योंकि वह बहुत चिंतित रहती हैं।
pc: navrashtra ICC ODI वर्ल्ड कप 2027 का ऐलान हो गया है और मैचों का पूरा शेड्यूल भी सामने आ गया है। इस बार मेन टूर्नामेंट में कुल 12 टीमें शामिल हैं और हमेशा की तरह इसे दो ग्रुप A और B में बांटा गया है। भारतीय टीम ग्रुप A में है और चिर-प्रतिद्वंद्वी पाकिस्तान को ग्रुप B में बांटा गया है। डिफेंडिंग चैंपियन ऑस्ट्रेलिया, जिम्बाब्वे, अफगानिस्तान और एक क्वालीफायर टीम भी ग्रुप B में शामिल है। शुभमन गिल की लीडरशिप में भारतीय टीम 7 अक्टूबर से इस टूर्नामेंट का धमाकेदार आगाज करेगी। पहला मैच ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ खेला जाएगा। हालांकि, फैंस के लिए सबसे बड़ा मुकाबला 10 अक्टूबर को खेला जाने वाला भारत-पाकिस्तान का मैच होगा! इस बार फैंस को इन टीमों की 3 बार टक्कर देखने को मिलेगी। आइए समझते हैं कि यह मैथ कैसे काम करता है। भारत-पाकिस्तान की 3 बार टक्कर हो सकती है 2027 वर्ल्ड कप का फॉर्मेट इस तरह से डिजाइन किया गया है कि क्रिकेट फैंस दो चिर-प्रतिद्वंद्वी भारत और पाकिस्तान के बीच 3 बार हाई-वोल्टेज ड्रामा देख सकते हैं। दोनों टीमों के बीच पहला मैच 10 अक्टूबर को खेला जाएगा। उसके बाद अगर दोनों टीमें अच्छा खेलती रहीं और जीतती रहीं, तो इस बार नॉकआउट मैच में दो बार एक-दूसरे का सामना करने का मौका मिलेगा। सुपर 7 और दूसरे मैच का नया इक्वेशन ग्रुप स्टेज के बाद, दोनों ग्रुप की टॉप 3 टीमों को सीधे सुपर 7 में एडमिशन मिलेगा। दोनों ग्रुप में चौथे नंबर पर रहने वाली टीमों में से जो टीम सबसे अच्छा परफॉर्म करेगी, उसे 7वां स्थान मिल सकता है। सुपर 7 स्टेज में, पिछले मैचों के पॉइंट्स आगे नहीं बढ़ाए जाएंगे और सभी सात टीमें राउंड-रॉबिन फॉर्मेट में एक-दूसरे के खिलाफ खेलेंगी। 25 अक्टूबर से 14 नवंबर तक होने वाले इस टूर्नामेंट में हर टीम छह मैच खेलेगी, जिससे भारत और पाकिस्तान के बीच दूसरा मैच लगभग पक्का है। सेमीफाइनल में फिर से भिड़ने का मौका सुपर 7 स्टेज खत्म होने के बाद, पॉइंट्स टेबल में टॉप चार टीमें नॉकआउट राउंड, यानी सेमीफाइनल के लिए क्वालीफाई करेंगी। अगर इंडिया और पाकिस्तान दोनों टॉप चार में रहते हैं, तो फैंस इन दो मजबूत टीमों को 21 नवंबर को सेमीफाइनल या फाइनल में तीसरी बार आमने-सामने देख पाएंगे। 2023 के घायल टाइगर तैयार हैं 2023 में वर्ल्ड कप जीतने के सपने टूट गए। इसलिए, इंडिया टीम के खिलाडी बड़े जोश के साथ मैदान में उतरेंगे। पिछली बार 10 टीमें थीं, लेकिन अहमदाबाद में हुए फाइनल मैच में ऑस्ट्रेलिया ने इंडिया को 6 विकेट से हराकर सबके सपने तोड़ दिए थे। दूसरी ओर, पाकिस्तानी टीम 9 में से 4 मैच जीतकर और 5 मैच हारकर पांचवें स्थान पर पहुंच गई। फैंस अब अगले साल का बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं!

