एशियन चैंपियंस ट्रॉफी: भारत ने जापान को 4-1 से रौंदकर रिकॉर्ड छठी बार खिताब जीता
मोहाली, 5 नवंबर (आईएएनएस)। भारत ने गुरुवार को ओलंपियन बलबीर सिंह सीनियर इंटरनेशनल हॉकी स्टेडियम में खेले गए मेंस एशियन चैंपियंस ट्रॉफी हॉकी टूर्नामेंट के फाइनल में जापान को 4-1 से मात देकर खिताबी हैट्रिक लगाई। भारत इस पूरे टूर्नामेंट में अजेय रहा। यह भारत का छठा खिताब रहा। भारतीय टीम ने इससे पहले साल 2011, 2016, 2018, 2023 और 2024 में भी यह टूर्नामेंट जीता था।
पीएम मोदी के नेतृत्व में भारत का खेल इकोसिस्टम बदल रहा है : खेल मंत्री मांडविया
नई दिल्ली, 5 नवंबर (आईएएनएस)। केंद्रीय खेल मंत्री मनसुख मांडविया ने गुरुवार को भारत के खेल इकोसिस्टम में आए बदलाव का श्रेय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व और उनकी पहलों को दिया। मांडविया ने कहा कि 2010 के एशियन पैरा गेम्स में सिर्फ 1 गोल्ड पदक जीतने वाले भारत का 2026 के संस्करण में 30 गोल्ड मेडल तक पहुंचना, खेलों को बढ़ावा देने के लिए सरकार के प्रयासों के असर को दिखाता है।
मध्यप्रदेश के जयपाल मालवीय ने शूटिंग वर्ल्ड चैंपियनशिप में सिल्वर जीत लिया है। उन्होंने गुरुवार को कतर की राजधानी दोहा में चल रही ISSF वर्ल्ड चैंपियनशिप के पुरुषों की 10 मीटर एयर पिस्टल इवेंट में यह उपलब्धि हासिल की। जयपाल ने फाइनल में 242.2 पॉइंट हासिल कर दूसरा स्थान पाया। चीन के हू काई ने 243.9 पॉइंट के साथ गोल्ड जीता। दोनों के बीच सिर्फ 1.7 पॉइंट का अंतर रहा। चेक रिपब्लिक के जिंदरिच डुबोवी 220.9 पॉइंट के साथ तीसरे स्थान पर रहे। जयपाल के इस प्रदर्शन के साथ भारत को लॉस एंजिलिस ओलिंपिक 2028 के लिए शूटिंग का पहला कोटा भी मिल गया। हालांकि, इसका मतलब यह नहीं है कि ओलिंपिक में जयपाल ही भारत को रिप्रेजेंट करेंगे। कोटा देश के नाम होता है, खिलाड़ी के नाम नहीं। यानी भारत को इस इवेंट में ओलिंपिक के लिए एक जगह मिल गई है। इस जगह पर कौन खिलाड़ी उतरेगा, इसका फैसला भारतीय शूटिंग महासंघ की चयन प्रक्रिया और तय ट्रायल के आधार पर होगा। सिल्वर के साथ भारत को ओलिंपिक का पहला शूटिंग कोटा कैसे मिला? इस मेडल की अहमियत सिर्फ मेडल टैली तक सीमित नहीं है। जयपाल ने भारत को लॉस एंजिलिस ओलिंपिक 2028 के लिए 10 मीटर एयर पिस्टल में एक कोटा दिलाया है। ISSF के नियमों के मुताबिक, दोहा वर्ल्ड चैंपियनशिप के 10 मीटर एयर पिस्टल पुरुष फाइनल में टॉप-3 देशों को एक-एक कोटा मिला। हू काई ने चीन, जयपाल ने भारत और डुबोवी ने चेक रिपब्लिक के लिए यह स्थान हासिल किया। दोहा में इस वर्ल्ड चैंपियनशिप के दौरान कुल 12 व्यक्तिगत ओलिंपिक इवेंट में 36 कोटा दिए जाने हैं। हर इवेंट में तीन कोटा उपलब्ध हैं। लॉस एंजिलिस तक पहुंचने के लिए अभी और स्टेज बाकी शूटिंग का पूरा क्वालिफिकेशन सफर अभी बाकी है। दोहा के अलावा 2027 में होने वाली वर्ल्ड चैंपियनशिप, वर्ल्ड कप और महाद्वीपीय प्रतियोगिताओं में भी देशों को कोटा हासिल करने के मौके मिलेंगे। ओलिंपिक रैंकिंग के जरिए भी कुछ स्थान दिए जाएंगे। लॉस एंजिलिस 2028 के शूटिंग कार्यक्रम में 15 मेडल इवेंट होंगे। इनमें पुरुषों और महिलाओं के छह-छह व्यक्तिगत इवेंट और तीन मिक्स्ड टीम इवेंट शामिल हैं। कुल 340 खिलाड़ियों को शूटिंग में हिस्सा लेने का मौका मिलेगा। क्वालिफिकेशन में तीसरे नंबर पर रहे, फाइनल में दबाव के बीच संभले मेडल राउंड तक पहुंचने के लिए जयपाल को पहले क्वालिफिकेशन मुकाबले से गुजरना पड़ा। इसमें उन्होंने छह सीरीज में कुल 585 पॉइंट बनाए और तीसरा स्थान हासिल किया। इसी प्रदर्शन के दम पर उन्हें आठ खिलाड़ियों के फाइनल में जगह मिली। 10 मीटर एयर पिस्टल में खिलाड़ी 10 मीटर की दूरी से इलेक्ट्रॉनिक टारगेट पर निशाना लगाते हैं। हर शॉट के आधार पर पॉइंट मिलते हैं। निशाना जितना केंद्र के करीब होता है, स्कोर उतना ज्यादा मिलता है। नेशनल ट्रायल में गोल्ड जीतकर पहली बार चर्चा में आए जयपाल ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी पहचान बनाने से पहले घरेलू प्रतियोगिताओं में अच्छा प्रदर्शन किया था। 2026 के नेशनल सिलेक्शन ट्रायल में उन्होंने दिल्ली के डॉ. करणी सिंह शूटिंग रेंज में पुरुषों की 10 मीटर एयर पिस्टल ट्रायल-1 इवेंट का गोल्ड जीता था। इस प्रतियोगिता के क्वालिफिकेशन राउंड में वह सातवें स्थान पर रहे थे। इसके बावजूद फाइनल में उन्होंने 245.6 पॉइंट हासिल कर पहला स्थान पाया। इसके बाद जयपाल ने 2026 में चीन के हांगझोउ में हुए ISSF वर्ल्ड कप में भी हिस्सा लिया। वहां उन्होंने क्वालिफिकेशन में 585 पॉइंट बनाए, लेकिन नौवें स्थान पर रहने के कारण फाइनल में जगह नहीं बना सके।
Jaipal Malviya ने विश्व चैंपियनशिप में जीता सिल्वर, भारत को मिला पहला Olympic Quota
दोहा, पांच नवंबर भारतीय निशानेबाज जयपाल मालवीय ने बृहस्पतिवार को यहां आईएसएसएफ विश्व चैंपियनशिप में पुरुषों की 10 मीटर एयर पिस्टल स्पर्धा में शानदार प्रदर्शन करते हुए रजत पदक जीता और देश को 2028 लॉस एंजिलिस ओलंपिक के लिए निशानेबाजी में पहला कोटा दिलाया। मालवीय ने आठ निशानेबाजों के बीच हुए फाइनल में 242.2 अंक हासिल कर दूसरा स्थान प्राप्त किया और देश के लिए लॉस एंजिलिस ओलंपिक का पहला कोटा सुनिश्चित किया। चीन के काई हू ने 243.9 अंक के साथ स्वर्ण पदक जीता जबकि चेक गणराज्य के जिंद्रिच डुबोवी ने 220.9 अंक के साथ कांस्य पदक अपने नाम किया। इससे पहले मालवीय ने क्वालिफिकेशन में छह सीरीज में कुल 585 अंक हासिल कर तीसरे स्थान के साथ पुरुषों की 10 मीटर एयर पिस्टल स्पर्धा के फाइनल में जगह बनाई थी। मालवीय ने ऐतिहासिक पदक जीतने के बाद कहा, ‘‘यहां का माहौल शानदार है। दर्शकों का उत्साह बहुत ज्यादा था और इससे मुझे प्रेरणा मिली। मैं महासंघ, भारतीय खेल प्राधिकरण (साई), ओजीक्यू, मध्य प्रदेश और भारत सरकार का आभार व्यक्त करना चाहता हूं। समरेश जंग सर का भी शुक्रिया। मुझे खुशी है कि मैं देश के लिए ओलंपिक कोटा और पदक जीत सका। ’’भारतीय निशानेबाज ने फाइनल की शुरुआत उतार-चढ़ाव के साथ की। पहली पांच शॉट की सीरीज के दूसरे प्रयास में उन्होंने 9.2 अंक हासिल किए, लेकिन आखिरी शॉट पर 10.6 अंक के साथ वापसी की। पहली सीरीज के बाद उनके कुल 50.5 अंक थे और वह शीर्ष पर चल रहे हू के पीछे तीसरे स्थान पर थे। मालवीय मुकाबले में बने रहे, लेकिन 10 शॉट की सीरीज पूरी करने के बाद 10.8 अंक हासिल करने के बावजूद चौथे स्थान पर खिसक गए। इस समय उनके कुल अंक 100.0 थे। चेक गणराज्य के डुबोवी 100.5 अंक के साथ तीसरे स्थान पर पहुंच गए जबकि चीन के हू और यू शिए शीर्ष स्थानों के लिए चुनौती पेश कर रहे थे। हालांकि मालवीय ने 10.7 अंक के साथ जोरदार वापसी की जिस पर दर्शकों ने जमकर तालियां बजाईं। उनके साथ फाइनल में शामिल इस्लाम शामसुतदिनोव इस प्रदर्शन की बराबरी नहीं कर सके और बाहर हो गए। इसके बाद मालवीय ने 10.7 अंक हासिल किए जबकि हू को 10.9 अंक मिले। इससे भारतीय निशानेबाज दूसरे स्थान पर पहुंच गए और वह चीनी निशानेबाज से केवल 0.5 अंक पीछे रह गए। इस प्रदर्शन के साथ ही भारत का 2028 ओलंपिक के लिए निशानेबाजी में पहला कोटा भी पक्का हो गया। इसके बाद मालवीय का पदक जीतना सुनिश्चित हो गया। उस समय हू और उनके बीच केवल 0.1 अंक का अंतर था जबकि डुबोवी 1.8 अंक पीछे चल रहे थे। मालवीय के 9.7 अंक के एक शॉट ने उनकी चुनौती को झटका दिया और वह शीर्ष स्थान पर मौजूद हू से 0.9 अंक पीछे हो गए। हालांकि उन्होंने महत्वपूर्ण मौके पर 10.7 अंक हासिल कर वापसी की। डुबोवी को कांस्य पदक से संतोष करना पड़ा और उन्होंने भी ओलंपिक कोटा हासिल किया। मध्य प्रदेश के रहने वाले मालवीय भारतीय निशानेबाजी के उभरते हुए प्रतिभाशाली खिलाड़ियों में तेजी से अपनी जगह बना रहे हैं। उन्होंने 2026 में नयी दिल्ली की डॉ. कर्णी सिंह शूटिंग रेंज में आयोजित राष्ट्रीय चयन ट्रायल के पहले मुकाबले में पुरुषों की 10 मीटर एयर पिस्टल स्पर्धा का स्वर्ण पदक जीतकर राष्ट्रीय स्तर पर अपनी पहचान बनाई थी। क्वालीफिकेशन में सातवें स्थान पर रहने के बाद उन्होंने फाइनल में 245.6 अंक हासिल कर पहला स्थान प्राप्त किया था। वह 2026 में हांगझोउ में हुए आईएसएसएफ विश्व कप में भी नौवें स्थान पर रहे थे। क्वालीफिकेशन में 585 अंक हासिल करने के बावजूद वह मामूली अंतर से फाइनल में जगह बनाने से चूक गए थे।
पीएम मोदी के 'अपनेपन' ने पैरा एथलीट्स का जीता दिल, अशोक मलिक को अपने हाथ से खिलाया चूरमा
एशियन पैरा गेम्स 2026 में हिस्सा लेने वाले भारतीय एथलीट्स गुरुवार को इंदिरा गांधी स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मिले...
ब्राजील के U20 Football मैच में हिंसक झड़प, Referee ने दिखाए 51 Red Card
ब्राजील में फुटबॉल के मैदान पर ऐसा नजारा देखने को मिला, जिसने पूरी दुनिया को हैरान कर दिया। अंडर-20 मुकाबले में खिलाड़ियों और अधिकारियों के बीच ऐसी भिड़ंत हुई कि रेफरी को कुल 51 लाल कार्ड दिखाने पड़े। हालात इतने बिगड़ गए कि मैच को 60 मिनट पूरे होने से पहले ही रद्द करना पड़ा। यह घटना ब्राजील के मिनास गेराइस राज्य में हुई, जहां अंडर-20 कैम्पियोनाटो माइनिरो के दूसरे डिवीजन के सेमीफाइनल में उबरलैंडिया और मामोरे की टीमें आमने-सामने थीं। मुकाबला उबरलैंडिया के घरेलू मैदान एस्टाडियो पारके दो साबिया में खेला जा रहा था। मैच के दूसरे हाफ में 54वें मिनट के आसपास विवाद शुरू हुआ। उस समय मामोरे की टीम 3-1 से आगे चल रही थी। टीम का तीसरा गोल होने के बाद उसके खिलाड़ी डावी ने उबरलैंडिया के स्थानापन्न खिलाड़ियों और सहयोगी स्टाफ की ओर दौड़कर जश्न मनाया। रेफरी फर्नांडो पैट्रिक ड्रोसघिक मोडेस्टो की रिपोर्ट के मुताबिक, डावी का यह व्यवहार उबरलैंडिया के खेमे को उकसाने वाला लगा। इससे नाराज होकर उबरलैंडिया के गोलकीपर प्रशिक्षक पाउलो सर्जियो डायस दोस सैंटोस मैदान में पहुंच गए और डावी से भिड़ गए। देखते ही देखते दोनों टीमों के खिलाड़ियों के बीच हाथापाई शुरू हो गई। मामला इतना बढ़ा कि दोनों टीमों के स्थानापन्न खिलाड़ी, तकनीकी स्टाफ और प्रबंधन से जुड़े लोग भी मैदान में उतर आए। रेफरी और अन्य अधिकारियों के लिए स्थिति संभालना मुश्किल हो गया। रेफरी की आधिकारिक रिपोर्ट में बताया गया है कि इस झगड़े में मैदान पर मौजूद 6 गेंद उठाने वाले लड़के भी शामिल हो गए थे। आरोप है कि उन्होंने मामोरे टीम के सदस्यों पर सामान, कुर्सियों और स्ट्रेचर से हमला किया। हालात काबू से बाहर होते देख स्थानीय सैन्य पुलिस को मैदान पर बुलाना पड़ा। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर स्थिति संभाली। इस पूरी घटना को शांत कराने और मैदान से लोगों को हटाने में करीब 40 मिनट लग गए। विवाद के बाद दोनों टीमों के बीच तनाव और बढ़ गया। आरोप है कि उबरलैंडिया के अधिकारियों ने मामोरे टीम के सदस्यों के उपकरणों को नुकसान पहुंचाया। इसके जवाब में मामोरे के लोगों ने घरेलू टीम के ड्रेसिंग रूम में तोड़फोड़ की। बता दें कि झगड़ा शुरू होने से पहले ही मैच में 3 खिलाड़ियों को लाल कार्ड दिखाकर बाहर किया जा चुका था। इसके बाद रेफरी ने अपनी रिपोर्ट में हिंसा में शामिल रहे 48 अन्य खिलाड़ियों, अधिकारियों और दूसरे सदस्यों को भी लाल कार्ड दिया। इस तरह कुल 51 लाल कार्ड जारी किए गए। रिपोर्ट के अनुसार, इनमें 43 खिलाड़ी, 8 सहयोगी स्टाफ सदस्य और 2 प्रबंधन से जुड़े लोग शामिल हैं। गौरतलब है कि एक फुटबॉल मैच में सबसे अधिक लाल कार्ड दिखाए जाने का पिछला रिकॉर्ड 36 का था। यह घटना 2011 में अर्जेंटीना के पांचवें स्तर के मुकाबले में हुई थी। क्लेपोले और विक्टोरियानो एरेनास के बीच खेले गए उस मैच में 36 खिलाड़ियों को मैदान से बाहर किया गया था। अब ब्राजील की इस घटना ने उस रिकॉर्ड को पीछे छोड़ दिया है। फुटबॉल में खिलाड़ियों के बीच बहस और हाथापाई की घटनाएं पहले भी सामने आती रही हैं, लेकिन एक ही मुकाबले में इतनी बड़ी संख्या में लाल कार्ड दिखाया जाना बेहद असामान्य है। इस घटना ने मैदान पर खिलाड़ियों, अधिकारियों और आयोजकों की जिम्मेदारी के साथ-साथ युवा फुटबॉल में अनुशासन और सुरक्षा को लेकर भी गंभीर सवाल खड़े किए हैं।
IPL 2027 नीलामी से पहले CSK और SRH के बीच चार खिलाड़ियों की ट्रेड
नयी दिल्ली, पांच नवंबर चेन्नई सुपर किंग्स (सीएसके) और सनराइजर्स हैदराबाद ने इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल) 2027 नीलामी से पहले बृहस्पतिवार को चार खिलाड़ियों की अदला-बदली की। इसमें लियाम लिविंगस्टोन और जैक एडवर्ड्स पांच बार के चैंपियन सीएसके में शामिल हुए जबकि खलील अहमद और नाथन एलिस सनराइजर्स हैदराबाद की टीम में चले गए। आईपीएल ने खिलाड़ियों की अदला-बदली की घोषणा की जिसके अनुसार इंग्लैंड के ऑलराउंडर लिविंगस्टोन छह करोड़ रुपये की फीस पर सीएसके में शामिल हुए जबकि उन्हें सनराइजर्स हैदराबाद ने 13 करोड़ रुपये में खरीदा था। ऑस्ट्रेलियाई ऑलराउंडर एडवर्ड्स भी तीन करोड़ रुपये की अपनी मौजूदा फीस पर सीएसके में शामिल हुए। एडवर्ड्स को सनराइजर्स हैदराबाद ने ऑस्ट्रेलिया के लिए अंतरराष्ट्रीय पदार्पण करने से पहले खरीदा था लेकिन पैर की चोट के कारण बाहर होने के बाद वह आईपीएल 2026 में नहीं खेल सके। वहीं बदले में सनराइजर्स हैदराबाद ने बाएं हाथ के तेज गेंदबाज खलील को 4.8 करोड़ रुपये की उनकी मौजूदा फीस पर हासिल किया। खलील 2018 से 2021 तक एसआरएच में थे। वह आईपीएल 2025 में शानदार प्रदर्शन के बाद फ्रेंचाइजी में लौट गए। उन्होंने तब सीएसके के लिए 14 मैच में 15 विकेट लिए थे। चोट के कारण 2026 सत्र से बाहर होने से पहले उन्होंने सीएसके के लिए पांच मैच खेले। ऑस्ट्रेलियाई तेज गेंदबाज एलिस भी दो करोड़ रुपये की अपनी मौजूदा फीस पर एसआरएच में शामिल हुए। खिलाड़ियों को बरकरार रखने (रिटेंशन) की समयसीमा 17 नवंबर तक बढ़ा दी गई जिससे और अधिक अदला-बदली की घोषणाएं होने वाली हैं। मिनी नीलामी 16 दिसंबर को गोवा में होगी। स्टार ऑलराउंडर हार्दिक पंड्या मुंबई इंडियंस छोड़ सकते हैं और ‘रिटेंशन’ की समयसीमा से पहले अर्शदीप सिंह के बदले पंजाब किंग्स में शामिल हो सकते हैं।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुरुवार को 'एशियन पैरा गेम्स 2026' में हिस्सा लेने वाले भारतीय एथलीटों के साथ बातचीत की...
Asian Champions Trophy: भारत ने Japan को 4-1 से हराकर छठी बार जीता खिताब
मोहाली, पांच नवंबर मौजूदा चैंपियन भारत ने बृहस्पतिवार को यहां पुरुष एशियाई चैंपियंस ट्रॉफी हॉकी टूर्नामेंट के फाइनल में जापान को 4-1 से हराकर खिताबों की हैट्रिक पूरी की और कुल छठी बार यह ट्रॉफी अपने नाम की। एशियाई खेलों की स्वर्ण पदक विजेता भारतीय टीम इससे पहले 2011, 2016, 2018, 2023 और 2024 में भी यह टूर्नामेंट जीत चुकी है। जापान ने तीसरे ही मिनट में काजुमासा मात्सुमोतो के मैदानी गोल की मदद से भारतीय टीम को चौंका दिया। इसके बाद भारत ने लय हासिल की। शिलानंद लाकड़ा (42वें मिनट) ने पेनल्टी कॉर्नर से, दिलप्रीत सिंह (48वें मिनट) ने मैदानी गोल और जुगराज ने 53वें मिनट में ‘सेट-पीस’ के जरिए गोल किए। विवेक सागर प्रसाद ने 54वें मिनट में गोल करके घरेलू टीम के लिए स्कोर 4-1 कर दिया। भारत ने इससे पहले जालंधर के ओलंपियन सुरजीत सिंह स्टेडियम में टूर्नामेंट के राउंड-रॉबिन चरण में भी जापान को 4-1 से हराया था। लेकिन बृहस्पतिवार को जापान ने पहले दो क्वार्टर में भारत को कड़ी टक्कर दी। हालांकि दूसरे हाफ में घरेलू टीम ने जोरदार वापसी की। भारत ने अच्छी शुरुआत की थी, लेकिन तीसरे ही मिनट में जापान ने मात्सुमोतो के गोल से बढ़त बना ली। मात्सुमोतो ने ‘टोमाहॉक’ शॉट से गोल करके ओलंपियन बलबीर सिंह स्टेडियम में मौजूद दर्शकों को हैरान कर दिया। इसके बाद भारतीय खिलाड़ियों ने तेजी दिखाई और कुछ मौके भी बनाए, लेकिन वे उन्हें गोल में बदलने में नाकाम रहे। 20वें मिनट में जापान को लगातार दो पेनल्टी कॉर्नर मिले। लेकिन भारतीय डिफेंस ने शानदार खेल दिखाते हुए जापान के कप्तान राइकी फुजीशिमा को गोल करने से रोक दिया। अपना 200वां अंतरराष्ट्रीय मैच खेल रहे उप कप्तान हार्दिक सिंह भारत के मिडफील्ड में स्टार साबित हुए। उन्होंने बेहतरीन तालमेल बिठाते हुए कई मौके बनाए। दूसरी ओर जरमनप्रीत सिंह ने अपने शानदार खेल और कड़ी मेहनत से डिफेंस में चट्टान की तरह मजबूती बनाए रखी। 0-1 से पिछड़ने के बाद भारतीय टीम ने दूसरे हाफ में अधिक आक्रामक खेल दिखाया और 33वें मिनट में अपना पहला पेनल्टी कॉर्नर हासिल किया। लेकिन कप्तान हरमनप्रीत सिंह के फ्लिक को जापानी गोलकीपर किशो कुरोदा ने रोक दिया। जापान की टीम ने अपना अच्छा प्रदर्शन जारी रखा और 39वें मिनट में अपना दूसरा पेनल्टी कॉर्नर हासिल किया, लेकिन शोता यामादा की कोशिश से कोई गोल नहीं हो सका। भारत ने जापानी डिफेंस पर दबाव बनाए रखा और 42वें मिनट में लगातार दो पेनल्टी कॉर्नर हासिल किए। आदित्य अर्जुन लालागे के पास पर लकड़ा ने रिबाउंड से गोल करके स्कोर बराबर कर दिया। भारत ने आखिरी क्वार्टर में भी दबदबा बनाए रखा और 48वें मिनट में हार्दिक के बेहतरीन पास पर दिलप्रीत ने रिवर्स हिट लगाकर घरेलू टीम को बढ़त दिला दी। बढ़त लेने के बाद भारतीय टीम का खेल पूरी तरह बदल गया। 53वें मिनट में जुगराज ने भारत के तीसरे पेनल्टी कॉर्नर को सटीक तरीके से गोल में बदलकर बढ़त को और बढ़ा दिया। इसके बाद भारत को रोकना मुश्किल हो गया। लकड़ा के शुरुआती शॉट को जापानी गोलकीपर ने रोक दिया था, लेकिन उसके बाद विवेक ने सर्कल के ऊपर से एक जोरदार हिट लगाकर गोल कर दिया। मैच खत्म होने के ठीक 12 सेकेंड पहले जापान को अपना चौथा पेनल्टी कॉर्नर मिला, लेकिन कप्तान फुजीशिमा का शॉट बाहर चला गया। इस तरह भारत टूर्नामेंट में अजेय बना रहा।
वेस्टइंडीज और बांग्लादेश के बीच दूसरा टेस्ट मैच सिलहट इंटरनेशनल क्रिकेट स्टेडियम में खेला जा रहा है। पहले दिन का खेल खत्म होने तक वेस्टइंडीज ने पहली पारी में...
Harry Kane ने Bayern Munich के साथ 2029 तक बढ़ाया करार, हर हफ्ते मिलेंगे 4 लाख पाउंड
जर्मनी में अपने शानदार प्रदर्शन से फुटबॉल की दुनिया में नई पहचान बनाने वाले हैरी केन ने बायर्न म्यूनिख के साथ अपना सफर आगे बढ़ाने का फैसला किया है। इंग्लैंड के कप्तान ने क्लब के साथ नया करार किया है, जिसके तहत वह 2029 तक टीम का हिस्सा बने रहेंगे। इससे उन अटकलों पर भी विराम लग गया है कि मौजूदा करार खत्म होने के बाद वह किसी दूसरे क्लब का रुख कर सकते हैं। केन 2023 में इंग्लैंड के क्लब टोटेनहम हॉटस्पर को छोड़कर बायर्न म्यूनिख से जुड़े थे। उन्होंने जर्मन क्लब के साथ 4 साल का करार किया था और अब उसके आखिरी सत्र में थे। ऐसे में क्लब ने उनके साथ लंबे समय तक बने रहने के लिए नया समझौता किया है। मीडिया रिपोर्टों के मुताबिक, नए करार के तहत केन को हर सप्ताह 4 लाख पाउंड से ज्यादा वेतन मिलेगा। बोनस को छोड़कर भी यह रकम उन्हें यूरोप के सबसे ज्यादा वेतन पाने वाले खिलाड़ियों में शामिल कर सकती है। इस सूची में किलियन एमबाप्पे और एर्लिंग हालैंड जैसे बड़े नाम भी शामिल हैं। केन के लिए पिछला सत्र बेहद खास रहा। उन्होंने 73 गोल करके फुटबॉल का सबसे बड़ा व्यक्तिगत सम्मान बैलन डी'ओर जीता। वह 25 साल में यह पुरस्कार हासिल करने वाले पहले इंग्लिश खिलाड़ी बने। इसके साथ ही उन्होंने अपने करियर में खिताबों का सूखा भी खत्म किया। बायर्न ने 2025 और 2026 में बुंडेसलीगा का खिताब जीता, जबकि पिछले सत्र में जर्मन कप भी अपने नाम किया। केन ने जर्मनी की शीर्ष फुटबॉल लीग में सिर्फ 98 मैचों में 100 गोल पूरे किए, जो इस उपलब्धि तक पहुंचने का सबसे तेज रिकॉर्ड है। इंग्लैंड की राष्ट्रीय टीम के लिए भी केन लगातार शानदार प्रदर्शन कर रहे हैं। हाल ही में चेकिया के खिलाफ मुकाबले में उन्होंने अपना 125वां अंतरराष्ट्रीय मैच खेला और पीटर शिल्टन के रिकॉर्ड की बराबरी की। शिल्टन ने यह रिकॉर्ड 1990 में बनाया था। केन इंग्लैंड के सबसे ज्यादा गोल करने वाले खिलाड़ी भी हैं। उनके नाम अब तक 91 अंतरराष्ट्रीय गोल दर्ज हैं। बायर्न के लिए इस सिजन में भी केन का प्रदर्शन शानदार रहा है। उन्होंने अब तक 12 गोल किए हैं। क्लब के लिए उनके कुल गोल की संख्या 161 मैचों में 156 हो गई है। नए करार पर खुशी जताते हुए केन ने कहा कि वह बायर्न, यहां के प्रशंसकों और म्यूनिख शहर में खुद को घर जैसा महसूस करते हैं। उन्होंने कहा कि उनका परिवार भी यहां खुश है और वह क्लब के साथ बने रहना चाहते थे। अब उनका लक्ष्य टीम के साथ और अधिक खिताब जीतना है। उन्होंने कोच विंसेंट कोम्पनी और टीम की भी तारीफ की। क्लब के अध्यक्ष हर्बर्ट हाइनर ने कहा कि केन का बायर्न से जुड़ना अब क्लब के इतिहास का खास हिस्सा बन चुका है। सीईओ यान-क्रिश्चियन ड्रेसन ने इसे क्लब, प्रशंसकों और बुंडेसलीगा के लिए अच्छी खबर बताया। खेल निदेशक मैक्स एबरल ने कहा कि इस करार से भविष्य की टीम बनाने की योजना को मजबूती मिलेगी। वहीं, क्रिस्टोफ फ्रॉयंड ने केन को शानदार स्ट्राइकर, टीम का नेता और बेहतरीन खिलाड़ी बताया। गौरतलब है कि केन ने बायर्न में आने के बाद न सिर्फ गोल करने की अपनी क्षमता दिखाई है, बल्कि टीम को खिताब जिताने में भी अहम भूमिका निभाई है। 2029 तक उनका क्लब में बने रहना बायर्न की भविष्य की योजनाओं के लिए बड़ा कदम माना जा रहा है।
सैफ चैंपियनशिप: सुहैल का 'डबल धमाल', गत चैंपियन भारत ने पाकिस्तान को 3-2 से हराया
सैफ चैंपियनशिप 2026 के 'ग्रुप बी' के अपने पहले मैच में, गत चैंपियन भारत ने पाकिस्तान को 3-2 से मात देकर शानदार शुरुआत की...
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुरुवार को एशियन पैरा गेम्स 2026 में भारत की शानदार प्रगति का जिक्र किया...
SAFF Championship 2026 में India ने Pakistan को 3-2 से दी शिकस्त, ढाका में दर्ज की शानदार जीत
भारत ने दक्षिण एशियाई फुटबॉल चैंपियनशिप में अपने खिताब बचाने के अभियान की शुरुआत जीत के साथ की है। गुरुवार को बांग्लादेश की राजधानी ढाका के नेशनल स्टेडियम में खेले गए मुकाबले में भारतीय टीम ने पाकिस्तान को 3-2 से हरा दिया। एक समय भारत 3-0 से आगे था, लेकिन आखिरी मिनटों में पाकिस्तान ने लगातार 2 गोल करके मुकाबले को रोमांचक बना दिया। हालांकि, उसकी कोशिश जीत तक नहीं पहुंच सकी। भारत की ओर से सुहैल अहमद भट ने शानदार प्रदर्शन करते हुए शुरुआती दोनों गोल किए, जबकि मैंगलेंथांग किपगेन ने तीसरा गोल दागा। मैच की शुरुआत से ही भारतीय खिलाड़ियों ने बेहतर तालमेल दिखाया और गेंद पर अपना नियंत्रण बनाए रखा। सुहैल ने टीम को बढ़त दिलाने में अहम भूमिका निभाई। एक अच्छे सामूहिक प्रयास के बाद मोहम्मद सुहैल ने निचले पास से उन्हें गेंद दी, जिसे सुहैल अहमद भट ने गोल में बदल दिया। इसके बाद उन्हें एक और मौका मिला। वह पाकिस्तान के गोलकीपर यूसुफ बट को छकाते हुए गेंद को गोलपोस्ट में पहुंचाने में सफल रहे। भारत की ओर से नॉशाद मूसा की टीम ने मिडफील्ड में भी अच्छा खेल दिखाया। नूफल के शानदार पास पर मैंगलेंथांग किपगेन गेंद लेकर आगे बढ़े और गोलकीपर के सामने पहुंचकर गेंद को उनके ऊपर से गोल में डाल दिया। इस गोल के साथ भारत ने 3-0 की मजबूत बढ़त बना ली। हालांकि, इसके बाद भारतीय टीम का खेल थोड़ा ढीला पड़ा। अभिषेक सूर्यवंशी ने भारतीय पेनल्टी क्षेत्र में हय्यान खट्टक को रोकने के प्रयास में फाउल कर दिया, जिसके चलते पाकिस्तान को पेनल्टी मिली। लेकिन शायक दोस्त इस मौके का फायदा नहीं उठा सके और उनका शॉट गोलपोस्ट के ऊपर से निकल गया। दूसरे हाफ में पाकिस्तान ने गेंद पर अधिक नियंत्रण बनाने की कोशिश की, लेकिन भारतीय रक्षापंक्ति ने लंबे समय तक उसे गोल करने का मौका नहीं दिया। मुकाबला जब आखिरी समय में पहुंचा तो पाकिस्तान ने वापसी की कोशिश तेज कर दी। 92वें मिनट में जुनैद शाह के शानदार क्रॉस पर नजीबुल्लाह ने हेडर से गोल कर स्कोर 3-1 कर दिया। इसके 2 मिनट बाद 94वें मिनट में आलमगीर गाजी ने शानदार गोल दागा। उन्होंने पहले गेंद को बेहतरीन तरीके से अपने नियंत्रण में लिया और फिर गिरते हुए तंग कोण से जोरदार शॉट लगाकर उसे गोलपोस्ट में पहुंचा दिया। हालांकि, तब तक मुकाबले का समय लगभग खत्म हो चुका था और पाकिस्तान बराबरी नहीं कर सका। मैच के बाद आलमगीर गाजी ने माना कि उनकी टीम का पहला हाफ अच्छा नहीं रहा और पेनल्टी का मौका गंवाना भारी पड़ा। उन्होंने कहा कि दूसरे हाफ में टीम ने बेहतर खेल दिखाया, लेकिन गोल करने में देर हो गई। उन्होंने यह भी बताया कि टीम का पिछला अभ्यास इसलिए नहीं हो पाया, क्योंकि खिलाड़ियों का सामान नहीं मिला था। हालांकि, उन्होंने अगले मुकाबले में मालदीव को हराने की उम्मीद जताई। गौरतलब है कि भारत इस प्रतियोगिता में रिकॉर्ड 10वां खिताब जीतने के इरादे से उतरा है। फीफा रैंकिंग में भारत 138वें और पाकिस्तान 197वें स्थान पर है। दोनों देशों के बीच अब तक 29 मुकाबले हुए हैं, जिनमें भारत ने 16 और पाकिस्तान ने 4 मैच जीते हैं, जबकि 9 मुकाबले बराबरी पर रहे हैं। 2023 में बेंगलुरु में हुए पिछले दक्षिण एशियाई फुटबॉल चैंपियनशिप मुकाबले में भारत ने पाकिस्तान को 4-0 से हराया था और बाद में खिताब भी जीता था।
क्रिस्टियानो रोनाल्डो का इंटरनेशनल करियर रहा है शानदार, पुर्तगाल के लिए बनाए हैं कई ऐतिहासिक रिकॉर्ड
दिग्गज फुटबॉल खिलाड़ी क्रिस्टियानो रोनाल्डो ने अंतराष्ट्रीय फुटबॉल से संन्यास की घोषणा करते हुए कहा कि वह अब पुर्तगाल के लिए नहीं खेलेंगे। रोनाल्डो ने पुर्तगाल के लिए खेलते हुए कई बड़ी उपलब्धियां हासिल की हैं।
Ranji Trophy: त्रिपुरा ने Saurashtra को 133 रन से हराया, सत्र की पहली जीत दर्ज की
अगरतला, पांच नवंबर त्रिपुरा ने रणजी ट्रॉफी के एलीट ग्रुप बी मुकाबले में शानदार प्रदर्शन करते हुए बृहस्पतिवार को यहां पूर्व चैंपियन सौराष्ट्र को 133 रन से करारी शिकस्त देकर मौजूदा सत्र की पहली जीत दर्ज की। ऑफ स्पिनर संदीप सरकार और तेज गेंदबाज अभिजीत सरकार ने सात विकेट साझा कर त्रिपुरा की ऐतिहासिक जीत में अहम भूमिका निभाई। त्रिपुरा ने 342 रन के लक्ष्य का पीछा कर रही सौराष्ट्र को 208 रन पर आउट कर अपने क्रिकेट इतिहास की यादगार जीत दर्ज की। इससे पहले टीम ने पिछले वर्षों में एलीट ग्रुप में हिमाचल प्रदेश और गोवा के खिलाफ भी जीत दर्ज की थी। सौराष्ट्र ने दिन की शुरुआत में सात विकेट पर 131 रन से आगे खेलना शुरू किया। अनुभवी अर्पित वासवदा और चेतन सकारिया की कोशिश टीम को मुश्किल से निकालने की थी, लेकिन दिन के पहले ही ओवर में अभिजीत ने सकारिया को पवेलियन भेजकर सौराष्ट्र की उम्मीदों को बड़ा झटका दिया। इसके बाद वासवदा (89 रन, 189 गेंद) और नील पंड्या (नौ रन, 63 गेंद) ने नौवें विकेट के लिए 59 रन जोड़कर सौराष्ट्र की हार को कुछ देर के लिए टाला। अभिजीत ने पंड्या को आउट कर इस साझेदारी को तोड़ा। वासवदा ने 122 गेंदों में अपना अर्धशतक पूरा करते हुए एक छोर संभाले रखा। वह त्रिपुरा के कप्तान मणिशंकर मुरासिंह के सटीक थ्रो रन आउट हुए जिससे सैराष्ट्र की पारी समाप्त हो गयी। चार मुकाबलों में यह त्रिपुरा की पहली जीत है। इस सफलता के साथ टीम छह अंक लेकर अंक तालिका में सातवें स्थान पर पहुंच गई है। पिछले मुकाबले में कर्नाटक के खिलाफ पारी की बड़ी हार झेलने के बाद पूर्व चैंपियन जैसी मजबूत टीम को शिकस्त देना त्रिपुरा की उपलब्धि को और खास बनाता है। सौराष्ट्र चार मैचों में 13 अंक के साथ अंक तालिका में तीसरे स्थान पर बना हुआ है। सिकंदराबाद में हैदराबाद ने छत्तीसगढ़ के 259 रन के लक्ष्य का पीछा करते हुए एक विकेट से जीत दर्ज की। अनिकेत रेड्डी (नाबाद 39) और रक्षण रेड्डी (नाबाद 15) ने 10वें विकेट के लिए 39 रन की अटूट साझेदारी करके हैदराबाद को जीत दिलाई। इस जीत से हैदराबाद की टीम चार मैच में 20 अंक के साथ तालिका में शीर्ष पर पहुंच गई है। कनार्टक 16 अंक के साथ दूसरे स्थान पर है। मुल्लांपुर में पंजाब और आंध्र की पहली पारियां भी समाप्त नहीं होने के कारण ड्रॉ हुए मैच से दोनों टीम को एक-एक अंक मिला। पंजाब ने पहली पारी आठ विकेट पर 592 रन बनाकर घोषित की थी जिसके जवाब में आंध्र ने आठ विकेट पर 505 रन बनाए। आंध्र की ओर से शेख रशीद ने 176, किरण शिंदे ने 96 जबकि श्रीराम राहुल ने नाबाद 76 रन बनाए।
तिलक वर्मा बने ऋषभ पंत का रिप्लेसमेंट, जडेजा और बुमराह इंडिया ए की स्क्वॉड के साथ जुड़े
ऋषभ पंत साइड स्ट्रेन की समस्या से जूझ रहे हैं और वह अभी इससे पूरी तरह ठीक नहीं हो पाए हैं। इस वजह से उनके न्यूजीलैंड के खिलाफ होने वाली दो मैचों की टेस्ट सीरीज में खेलने को लेकर संशय बना हुआ है।
ISSF World Championship: 10 मीटर एयर पिस्टल फाइनल में चूकीं Manu Bhaker, नहीं मिला ओलंपिक कोटा
दोहा, पांच नवंबर भारत की स्टार निशानेबाज मनु भाकर और सुरूचि इंदर सिंह बृहस्पतिवार को यहां आईएसएसएफ विश्व चैंपियनशिप की महिला 10 मीटर एयर पिस्टल स्पर्धा के फाइनल में निराशाजनक प्रदर्शन करते हुए पदक की दौड़ से बाहर हो गईं। दोनों खिलाड़ी 2028 लॉस एंजिलिस ओलंपिक के लिए कोटा स्थान हासिल करने में भी नाकाम रहीं। पेरिस ओलंपिक 2024 में दो कांस्य पदक जीतने वाली मनु 179.9 अंक के साथ पांचवें स्थान पर रहीं जबकि एशियाई खेलों की मिश्रित टीम स्पर्धा की स्वर्ण पदक विजेता सुरूचि ने 158.3 अंक के साथ छठा स्थान हासिल किया। इसके साथ ही विश्व चैंपियनशिप में भारत का व्यक्तिगत पदक और ओलंपिक कोटा का इंतजार जारी रहा। चीन ने आठ निशानेबाजों के फाइनल में दबदबा बनाते हुए दोनों शीर्ष स्थान हासिल किए। जियांग रानशिन ने 242.4 अंक के साथ स्वर्ण पदक जीता जबकि उनकी हमवतन याओ कियानशुन ने 242.1 अंक के साथ रजत पदक अपने नाम किया। हंगरी की वेरोनिका मेजर ने 222.1 अंक के साथ कांस्य पदक हासिल किया। तीनों पदक विजेताओं ने लॉस एंजिलिस ओलंपिक के लिए कोटा स्थान भी हासिल किए जबकि भारतीय निशानेबाजों को निराशा हाथ लगी। मनु फाइनल में निरंतरता बनाए रखने के लिए जूझती दिखीं। उनके स्कोर 8.8 से 10.7 अंक के बीच रहे। वह 18वें शॉट के बाद बाहर हो गईं। सुरूचि को भी आठ और नौ अंक वाले शॉट का खामियाजा भुगतना पड़ा। वह 16वें शॉट के बाद फाइनल से बाहर हो गईं। इससे पहले मनु, सुरूचि और संयम ने टीम स्पर्धा का रजत पदक जीता। यह चैम्पियनशिप लॉस एंजिलिस ओलंपिक व्यक्तिगत स्पर्धा का कोटा हासिल करने के लिये पहली बड़ी स्पर्धा है। मनु क्वालीफिकेशन दौर में 583 अंक लेकर तीसरे स्थान पर रही। एशियाई खेलों में 10 मीटर एयर पिस्टल मिश्रित टीम स्पर्धा में स्वर्ण पदक जीतने वाली सुरूचि आठवें स्थान पर रहकर फाइनल में पहुंची। चीन की रानशिन क्वालीफिकेशन में शीर्ष पर रही जबकि संयम 22वें स्थान पर रहीं। भारतीय टीम ने 1738 अंक लेकर रजत पदक जीता जबकि चीन को 1745 अंक के साथ स्वर्ण पदक मिला।
'पहले टेस्ट में ही यकीन हो गया...', रूट को लेकर सचिन की भविष्यवाणी
सचिन तेंदुलकर ने अपने टेस्ट करियर में कुल 15,921 रन बनाए थे. सचिन इस फॉर्मेट में सबसे ज्यादा इंटरनेशनल रन बनाने वाले बल्लेबाज हैं. उनका यह रिकॉर्ड लंबे समय से कायम है. जो रूट के मौजूदा प्रदर्शन को देखते हुए इस रिकॉर्ड पर सबकी नजरें टिकी हैं.
IND vs SL वनडे मैच का वेन्यू हुआ चेंज, अब किस शहर में खेला जाएगा पहला मुकाबला
भारत और श्रीलंका के बीच पहला वनडे मैच पहले दिल्ली के अरुण जेटली स्टेडियम में खेला जाना था। लेकिन अब ये मुकाबला विशाखापत्तनम में खेला जाएगा।
भारत और श्रीलंका के बीच 13 दिसंबर को होने वाला पहला वनडे अब दिल्ली में नहीं, बल्कि विशाखापट्टनम में खेला जाएगा। BCCI ने गुरुवार को वेन्यू बदलने की जानकारी दी। इससे पहले दिल्ली एंड डिस्ट्रिक्ट क्रिकेट एसोसिएशन (DDCA) ने संभावित मौसम संबंधी परेशानी और स्टेडियम में प्रस्तावित रेनोवेशन यानी मरम्मत और सुधार कार्य को देखते हुए मैच का वेन्यू बदलने का अनुरोध किया था। दिल्ली में मैच नहीं होने की दो वजहें पिछली वनडे सीरीज में श्रीलंका ने भारत को हराया था भारत और श्रीलंका के बीच पिछली वनडे सीरीज अगस्त 2024 में खेली गई थी। तीन मैचों की उस सीरीज में श्रीलंका ने भारत को 2-0 से हराया था। पहला मुकाबला टाई रहा था, जबकि दूसरे और तीसरे वनडे में श्रीलंकाई टीम ने जीत दर्ज की थी। ----------------------- यह खबर भी पढ़ें… IPL 2027- रिटेंशन की डेडलाइन 2 दिन बढ़ी:17 नवंबर तक टीमें बता सकेंगी किसे रखेंगी और किसे छोड़ेंगी; ऑक्शन 16 दिसंबर को BCCI ने IPL 2027 मिनी ऑक्शन से पहले खिलाड़ियों को टीम में बनाए रखने और रिलीज करने की तारीख दो दिन बढ़ा दी है। अब सभी 10 फ्रेंचाइजी 17 नवंबर तक अपनी लिस्ट सौंप सकेंगी। पहले इसकी आखिरी तारीख 15 नवंबर थी। खिलाड़ियों की नीलामी 16 दिसंबर को गोवा में होगी। पूरी खबर पढ़ें…
एशियन पैरा गेम्स 2026 में भारत के भाला फेंक खिलाड़ी रिंकू हुड्डा ने गोल्ड मेडल जीतकर देश का मान बढ़ाया। एशियन पैरा गेम्स से 2 महीने पहले मां का निधन होने के बावजूद...
फुटबॉल जगत के दिग्गज खिलाड़ी क्रिस्टियानो रोनाल्डो ने गुरुवार को इंटरनेशनल फुटबॉल से संन्यास का ऐलान कर दिया।
India vs Japan Hockey Final Live Score: भारत और जापान के बीच गुरुवार को एशियन चैंपियंस ट्रॉफी का फाइनल खेला जाएगा। भारत 7वीं बार खिताबी मुकाबले में खेलने उतरेगा।
क्रिस्टियानो रोनाल्डो ने इंटरनेशनल फुटबॉल से लिया संन्यास, इमोशनल वीडियो शेयर कर किया एलान
वर्ल्ड फुटबॉल के सर्वकालिक महान खिलाड़ियों में शुमार पुर्तगाल के दिग्गज स्टार क्रिस्टियानो रोनाल्डो ने अंतरराष्ट्रीय फुटबॉल से अपने संन्यास की आधिकारिक घोषणा कर दी है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुरुवार को नई दिल्ली में एशियन पैरा गेम्स 2026 में हिस्सा लेने वाले भारतीय खिलाड़ियों से मुलाकात की। जापान के आइची-नागोया में 18 से 24 अक्टूबर तक हुए इन खेलों में भारत ने 114 मेडल जीतकर अपना अब तक का बेस्ट प्रदर्शन किया था। इसमें 30 गोल्ड, 35 सिल्वर और 49 ब्रॉन्ज शामिल हैं। भारत मेडल टैली तालिका में चौथे स्थान पर रहा। प्रधानमंत्री ने हरियाणा के जेवलिन थ्रोअर रिंकू हुड्डा की कहानी भी सुनाई। उन्होंने बताया कि एशियन पैरा गेम्स से करीब दो महीने पहले रिंकू की मां का निधन हो गया था। इतने बड़े निजी दुख के बावजूद उन्होंने हिम्मत नहीं छोड़ी और प्रतियोगिता में गोल्ड जीता। जीत के बाद उन्होंने अपनी मां की तस्वीर उठाकर मेडल उन्हें समर्पित किया। 14 मेडल से 114 तक पहुंचा भारत का सफर मोदी ने अपने संबोधन में भारतीय पैरा खेलों में आए बदलाव को आंकड़ों के जरिए समझाया। उन्होंने बताया कि 2010 के एशियन पैरा गेम्स में भारत को सिर्फ एक गोल्ड समेत कुल 14 मेडल मिले थे। इस बार खिलाड़ियों ने 114 पदक जीतकर उस प्रदर्शन को बहुत पीछे छोड़ दिया। भारत के प्रदर्शन में सुधार एक ही प्रतियोगिता में नहीं आया। 2014 में भारत ने 33 मेडल जीते और मेडल टैली में 15वां स्थान हासिल किया था। 2018 में संख्या बढ़कर 72 हुई। इसके बाद 2023 के हांगझोउ आयोजन में भारतीय दल ने 108 मेडल जीते। खेल मंत्री मनसुख मांडविया ने भी इस बदलाव का जिक्र किया। उन्होंने बताया कि 2014 में भारत को पैरा गेम्स में सिर्फ 3 गोल्ड मिले थे। आखिरी दिन 9 गोल्ड जीतकर भारत ने दिखाई ताकत मोदी ने खिलाड़ियों की आखिरी दिन की उपलब्धि का खास तौर पर जिक्र किया। उन्होंने कहा कि प्रतियोगिता के अंतिम दिन भारतीय खिलाड़ियों ने 9 गोल्ड जीते। उस दिन भारत ने एथलेटिक्स, बैडमिंटन, शूटिंग और तीरंदाजी में गोल्ड जीते। हिमांशु, रवि और जेहान की उपलब्धियों का भी जिक्र मोदी ने हिमांशु, रवि और जेहान के प्रदर्शन को भी सराहा। उन्होंने कहा कि इन खिलाड़ियों ने दुनिया को दिखाया कि शारीरिक सीमाओं के बावजूद खेल में बड़ी उपलब्धियां हासिल की जा सकती हैं। हिमांशु नंदल ने पुरुषों की 100 मीटर फ्रीस्टाइल S11 स्पर्धा में ब्रॉन्ज जीता। S11 कैटेगरी दृष्टिबाधित तैराकों के लिए होती है। हिमांशु ने पूरे टूर्नामेंट में तीन ब्रॉन्ज मेडल हासिल किए। 56 महिला खिलाड़ियों में से 34 ने जीते मेडल मोदी ने महिला खिलाड़ियों के प्रदर्शन को भी बड़ी उपलब्धि बताया। उनके मुताबिक, भारतीय दल में शामिल 56 महिला खिलाड़ियों में से 34 ने मेडल जीते। खेल मंत्री बोले- खेलों के लिए पूरा सिस्टम तैयार किया जा रहा कार्यक्रम में खेल मंत्री मनसुख मांडविया ने कहा कि भारत में खेलों को आगे बढ़ाने के लिए सिर्फ खिलाड़ियों को प्रोत्साहित करना काफी नहीं है। इसके लिए शुरुआत से लेकर अंतरराष्ट्रीय स्तर तक तैयारी का पूरा सिस्टम बनाना जरूरी है। उन्होंने फिट इंडिया मूवमेंट और खेलो इंडिया जैसी योजनाओं का जिक्र किया। मांडविया ने कहा कि खेलो इंडिया के तहत 3,000 से ज्यादा खिलाड़ियों को सालाना 7 लाख रुपए की सहायता दी जा रही है। उ पैरा गेम्स में अलग-अलग कैटेगरी क्यों बनाई जाती हैं? एशियन पैरा गेम्स एशिया के दिव्यांग खिलाड़ियों के लिए होने वाली बड़ी खेल प्रतियोगिता है। इसमें खिलाड़ी अपनी शारीरिक स्थिति और खेल में उनकी कार्यक्षमता के आधार पर अलग-अलग वर्गों में मुकाबला करते हैं। उदाहरण के लिए, एथलेटिक्स में दौड़ के लिए T और फील्ड इवेंट के लिए F कोड इस्तेमाल होता है। पैरा बैडमिंटन में व्हीलचेयर से खेलने वाले और खड़े होकर खेलने वाले खिलाड़ियों की अलग कैटेगरी होती है। तै मोदी पहले टी-20 वर्ल्ड कप विजेता टीम से भी मिल चुके
आईसीसी विमेंस प्लेयर ऑफ द मंथ के लिए दीप्ति, सदरलैंड और सोभाना अवॉर्ड के लिए नामित
दुबई, भारत की ऑफ-स्पिन ऑलराउंडर दीप्ति शर्मा के साथ ऑस्ट्रेलिया की सीम-बॉलिंग ऑलराउंडर एनाबेल सदरलैंड और बांग्लादेशी बल्लेबाज सोभना मोस्तरी को अक्टूबर 2026 के लिए 'आईसीसी वीमेंस प्लेयर ऑफ द मंथ' अवॉर्ड के लिए नामित किया गया है।
IND vs NZ: वेलिंगटन का मैदान बनेगा गवाह, दूसरे वनडे में रोहित शर्मा बनाएंगे ऐतिहासिक रिकॉर्ड
रोहित शर्मा के पास सेना देशों में सलामी बल्लेबाज के तौर पर 5000 रन बनाने का मौका है। भारतीय ओपनर के तौर पर वह 4,964 रन बना चुके हैं।
IPL 2027: ट्रेड डील में लिविंगस्टन-एडवर्ड्स की हुई सीएसके में एंट्री, एसआरएच से जुड़े खलील और एलिस
चेन्नई सुपर किंग्स (सीएसके) और सनराइजर्स हैदराबाद (एसआरएच) ने आईपीएल 2027 ट्रेडिंग विंडो की सबसे बड़ी डील की है। इस बड़े ट्रेड के तहत इंग्लैंड के ऑलराउंडर लियाम लिविंगस्टन और ऑस्ट्रेलिया के ऑलराउंडर जैक एडवर्ड्स सीएसके में जाएंगे जबकि भारत के बाएं हाथ के तेज गेंदबाज खलील अहमद और ऑस्ट्रेलिया के तेज गेंदबाज नाथन एलिस सनराइजर्स हैदराबाद (एसआरएच) से जुड़ेंगे।
दीप्ति, सदरलैंड और सोभाना 'आईसीसी विमेंस प्लेयर ऑफ द मंथ' अवॉर्ड के लिए नामित
भारत की ऑफ-स्पिन ऑलराउंडर दीप्ति शर्मा के साथ ऑस्ट्रेलिया की सीम-बॉलिंग ऑलराउंडर एनाबेल सदरलैंड और बांग्लादेशी बल्लेबाज सोभना मोस्तरी को अक्टूबर 2026 के लिए 'आईसीसी वीमेंस प्लेयर ऑफ द मंथ' अवॉर्ड के लिए नामित किया गया है।
क्रिस्टियानो रोनाल्डो ने इंटरनेशनल फुटबॉल से संन्यास ले लिया है। 41 साल के रोनाल्डो ने गुरुवार को सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए अपने फैसले की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि नवंबर के इंटरनेशनल ब्रेक के बाद वह पुर्तगाल की नंबर-7 जर्सी टीम को लौटा देंगे। रोनाल्डो का सफर 20 अगस्त 2003 को कजाकिस्तान के खिलाफ शुरू हुआ था। तब वह सिर्फ 18 साल के थे। अगले 23 साल में उन्होंने पुर्तगाल के लिए 234 मैच खेले और सबसे ज्यादा 146 गोल किए। उनके नाम 46 असिस्ट भी दर्ज हैं। असिस्ट का मतलब है गोल करने वाले खिलाड़ी को आखिरी पास देना। वीडियो में बोले- पुर्तगाल के लिए अपना सब कुछ दिया रोनाल्डो ने वीडियो में कहा कि राष्ट्रीय टीम के साथ मैदान पर मेरा सफर खत्म हो रहा है। मैं गर्व के साथ विदा ले रहा हूं। मैंने पुर्तगाल के लिए अपना सब कुछ दिया। उन्होंने यह भी कहा कि पीछे मुड़कर देखने पर उन्हें सिर्फ मैच, गोल, रिकॉर्ड और ट्रॉफियां याद नहीं आतीं, बल्कि वे लोग याद आते हैं जिन्होंने इस सफर को खास बनाया। 6 वर्ल्ड कप खेलने वाले पहले खिलाड़ी रोनाल्डो ने 2006 में जर्मनी में अपना पहला वर्ल्ड कप खेला था। इसके बाद वह 2010, 2014, 2018, 2022 और 2026 के टूर्नामेंट में भी पुर्तगाल की टीम का हिस्सा रहे। इस तरह उन्होंने लगातार 6 वर्ल्ड कप खेले। वह छह अलग-अलग वर्ल्ड कप में गोल करने वाले दुनिया के पहले खिलाड़ी भी बने। इन टूर्नामेंट में उन्होंने कुल 27 मैच खेले और 11 गोल किए। 2026 में उज्बेकिस्तान के खिलाफ गोल करके उन्होंने यह रिकॉर्ड बनाया था। हालांकि, उनका वर्ल्ड कप जीतने का सपना अधूरा ही रह गया। टीम का सबसे अच्छा प्रदर्शन 2006 में रहा, जब वह सेमीफाइनल तक पहुंची और चौथे स्थान पर रही। रोनाल्डो के टॉप-5 गोल 1. बाइसिकल किक: रियल मैड्रिड की ओर से चैंपियंस लीग क्वार्टर फाइनल में रोनाल्डो ने बाइसिकल किक लगाई। 2. 40 यार्ड से गोल: मैनचेस्टर यूनाइटेड की ओर से चैंपियंस लीग क्वार्टर फाइनल में रोनाल्डो ने करीब 40 यार्ड की दूरी से गोल किया। 3. नकल बॉल फ्री-किक : रोनाल्डो ने 30 यार्ड से ज्यादा दूरी से फ्री-किक लगाई। गेंद हवा में तेजी से घूमती हुई गोलपोस्ट में पहुंची। 4. स्पेन के खिलाफ आखिरी मिनट की फ्री-किक: फीफा वर्ल्ड कप के ग्रुप स्टेज मुकाबले में रोनाल्डो ने मैच के आखिरी समय में फ्री-किक से गोल किया। इस गोल के साथ उन्होंने अपनी हैट्रिक पूरी की और पुर्तगाल को स्पेन के खिलाफ 3-3 से ड्रॉ दिलाया। 5. सुपरमैन हेडर बनाम सैम्पडोरिया (2019): जुवेंटस की ओर से सीरी-A मुकाबले में रोनाल्डो ने करीब 2.56 मीटर की ऊंचाई तक छलांग लगाकर हेडर से गोल किया। उनकी इस छलांग और हेडर को देखकर इसे 'सुपरमैन हेडर' कहा गया। 2016 में पहली बार पुर्तगाल को यूरो चैंपियन बनाया रोनाल्डो के करियर की सबसे बड़ी उपलब्धियों में 2016 का यूरो कप खिताब शामिल है। यूरो कप यूरोप की राष्ट्रीय फुटबॉल टीमों के बीच होने वाला सबसे बड़ा टूर्नामेंट है। पुर्तगाल ने फाइनल में फ्रांस को 1-0 से हराकर पहली बार यह ट्रॉफी जीती थी। उनकी कप्तानी में पुर्तगाल ने 2019 और 2025 में UEFA नेशंस लीग का खिताब भी जीता। नेशंस लीग यूरोप की राष्ट्रीय टीमों के बीच खेली जाने वाली प्रतियोगिता है। संन्यास से पहले कोच के साथ विवाद भी हुआ रोनाल्डो के इस फैसले से कुछ हफ्ते पहले पुर्तगाल की टीम में विवाद सामने आया था। सितंबर में वह ट्रेनिंग कैंप छोड़कर चले गए थे। इसकी वजह कोच जॉर्ज जीसस के साथ खेलने के समय को लेकर मतभेद बताया गया। रोनाल्डो का कहना था कि कोच ने उन्हें नॉर्वे के खिलाफ मैच में खेलने का भरोसा दिया था, लेकिन वह पूरे मुकाबले में बेंच पर बैठे रहे। इसके बाद डेनमार्क के खिलाफ शुरुआती टीम में जगह नहीं मिलने की बात भी उन्हें बताई गई। क्लब फुटबॉल में खेलना जारी रखेंगे रोनाल्डो सऊदी अरब के क्लब अल-नस्र के लिए खेलते हैं। राष्ट्रीय टीम से विदाई के बाद भी वह क्लब के मुकाबलों में खेलते रहेंगे। उन्होंने जुलाई में कहा था कि 2026 का वर्ल्ड कप उनका आखिरी वर्ल्ड कप होगा।
India vs Pakistan: सैफ चैंपियनशिप में भारत की धमाकेदार शुरुआत, पाकिस्तान को 3-2 से धोया
India vs Pakistan LIVE Score: भारतीय फुटबॉल टीम ने गुरुवार को पाकिस्तान सैफ चैंपियनशिप के मुकाबले में 3-2 से हराया।
विराट कोहली : चैंपियंस ट्रॉफी 2013 के फाइनल में खेली पारी को वनडे करियर की 'सर्वश्रेष्ठ इनिंग'
नई दिल्ली, भारतीय क्रिकेट टीम के दिग्गज बल्लेबाज विराट कोहली ने गुरुवार को अपने 38वें जन्मदिन के मौके पर चैंपियंस ट्रॉफी 2013 के फाइनल में इंग्लैंड के खिलाफ खेली गई 34 गेंदों में 43 रनों की अपनी पारी को अपनी सर्वश्रेष्ठ वनडे पारी के रूप में चुना है।
भारत और पाकिस्तान के बीच गुरुवार को सैफ कप 2026 में फुटबॉल मुकाबला खेला जाएगा। मैच से पहले दोनों देशों के कप्तानों और कोच ने साफ किया कि खिलाड़ी मैदान पर एक-दूसरे से हाथ मिलाएंगे। भारतीय कोच नौशाद मूसा ने तो यहां तक कहा कि जरूरत पड़ी तो वे पाकिस्तानी खिलाड़ियों को गले भी लगाएंगे। वहीं कप्तान नाथन रोड्रिगेज ने कहा कि पाकिस्तानी खिलाड़ियों से हाथ मिलाने में कोई परेशानी नहीं है। पाकिस्तान के कप्तान आलमगीर गाजी ने भी इसी बात का समर्थन किया। उन्होंने कहा कि यह क्रिकेट नहीं, फुटबॉल है और इसे खूबसूरत खेल कहा जाता है। भारतीय कप्तान बोले- मैच का कोई दबाव नहीं नाथन ने मैच के दबाव को लेकर कहा कि टीम पर कोई दबाव नहीं है। यह मुकाबला अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करने की प्रेरणा देता है। उन्होंने कहा कि टीम का स्क्वॉड छोटा है, लेकिन सभी खिलाड़ी पूरी तरह तैयार हैं। उनका लक्ष्य अच्छे नतीजे के साथ मैदान से लौटना है। युवा टीम के साथ खिताब बचाने उतरेगा भारत भारतीय कोच नौशाद मूसा ने कहा कि पिछली बार के मुकाबले पाकिस्तान की टीम में बदलाव है। इसलिए भारत ने उसी के हिसाब से तैयारी की है। टीम मैच जीतना चाहती है, लेकिन उनका मुख्य फोकस अच्छा फुटबॉल खेलने पर है। मूसा ने कहा कि भारत डिफेंडिंग चैंपियन है और बांग्लादेश में अपने घर से बाहर खेल रहा है। उन्होंने युवा खिलाड़ियों के साथ टीम तैयार की है, क्योंकि इसके बाद न्यूजीलैंड के खिलाफ फ्रेंडली मैच भी खेलने हैं। कोच के मुताबिक, वे खिलाड़ियों पर खिताब बचाने का दबाव नहीं डालना चाहते। उनकी प्राथमिकता है कि खिलाड़ी खुलकर खेलें और अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करें। उनका मानना है कि टीम अच्छा फुटबॉल खेलेगी तो नतीजे भी बेहतर आएंगे। सैफ कप क्या है? SAFF का पूरा नाम साउथ एशियन फुटबॉल फेडरेशन (South Asian Football Federation) है। यह दक्षिण एशिया के देशों का फुटबॉल संगठन है। इसके सदस्य देशों में भारत, पाकिस्तान, बांग्लादेश, नेपाल, भूटान, मालदीव और श्रीलंका शामिल हैं। यह संगठन इन देशों के बीच फुटबॉल टूर्नामेंट आयोजित करता है। इस बार का टूर्नामेंट बांग्लादेश में 2026 SAFF चैंपियनशिप का आयोजन बांग्लादेश में 5 से 17 नवंबर तक हो रहा है। इसमें 6 टीमें हिस्सा ले रही हैं। भारत मौजूदा चैंपियन है और इस बार भी खिताब बचाने उतरा है। भारतीय टीम का पहला मुकाबला आज पाकिस्तान से है। --------------------- स्पोर्ट्स की यह खबर भी पढ़ें CSK और SRH के बीच 4 खिलाड़ियों की ट्रेड डील:IPL ऑक्शन से पहले लिविंगस्टोन-जैक एडवर्ड्स चेन्नई पहुंचे; खलील-एलिस हैदराबाद में शामिल चेन्नई सुपर किंग्स और सनराइजर्स हैदराबाद के बीच IPL 2027 के ऑक्शन से पहले ट्रेड डील हुई है। इस डील में 4 खिलाड़ी शामिल हैं। हैदराबाद से खेलने वाले इंग्लैंड के ऑलराउंडर लियाम लिविंगस्टोन और ऑस्ट्रेलियाई ऑलराउंडर जैक एडवर्ड्स चेन्नई की टीम में शामिल हुए हैं। पूरी खबर पढ़ें…
IPL 2027 से पहले हो गया बड़ा ट्रेड, CSK और SRH के चार खिलाड़ी बदले
इंडियन प्रीमियर लीग के अगले सीजन से पहले चेन्नई सुपरकिंग्स और सनराइजर्स हैदराबाद के चार प्लेयर्स बदल दिए गए हैं। इसका ऐलान कर दिया गया है।
SAFF चैंपियनशिप 2026 का आगाज 5 नवंबर से हो रहा है। इस टूर्नामेंट के पहले मुकाबले में भारत और पाकिस्तान की टीमें आमने-सामने होने वाली हैं। इस मैच का लाइव प्रसारण VETO OTT पर बिल्कुल फ्री किया जाएगा।
टी20 ट्रॉफी के लिए दिल्ली महिला अंडर-23 टीम का किया ऐलान: डीडीसीए
नई दिल्ली, दिल्ली एंड डिस्ट्रिक्ट क्रिकेट एसोसिएशन (डीडीसीए) ने टी20 ट्रॉफी 2026–27 के लिए दिल्ली महिला अंडर-23 टीम की घोषणा कर दी है।
भाविना पटेल: पैरा टेबल टेनिस में रचा इतिहास, पैरालंपिक में देश को दिलाया पहला पदक
भाविना पटेल का नाम देश की शीर्ष पैरा टेबल टेनिस खिलाड़ियों में शुमार है। भाविना ने अंतरराष्ट्रीय मंचों पर पदक जीतकर देश का नाम दुनियाभर में प्रतिष्ठित किया है।
चेन्नई सुपर किंग्स और सनराइजर्स हैदराबाद के बीच IPL 2027 के ऑक्शन से पहले ट्रेड डील हुई है। इस डील में 4 खिलाड़ी शामिल हैं। हैदराबाद से खेलने वाले इंग्लैंड के ऑलराउंडर लियाम लिविंगस्टोन और ऑस्ट्रेलियाई ऑलराउंडर जैक एडवर्ड्स चेन्नई की टीम में शामिल हुए हैं। वहीं चेन्नई से भारतीय तेज गेंदबाज खलील अहमद और ऑस्ट्रेलियाई पेसर नाथन एलिस हैदराबाद टीम से जुड़ गए हैं। BCCI ने गुरुवार को इस ट्रेड की जानकारी दी। लिविंगस्टोन 6 करोड़ रुपए और एडवर्ड्स 3 करोड़ रुपए की मौजूदा फीस पर CSK में आए हैं। वहीं, खलील 4.8 करोड़ और एलिस 2 करोड़ रुपए की फीस पर SRH से जुड़े हैं। हैदराबाद ने लिविंगस्टोन को 13 करोड़ में खरीदा था खलील अहमद पहले भी हैदराबाद के लिए खेल चुके लेफ्ट आर्म तेज गेंदबाज खलील अहमद 4.8 करोड़ रुपए की मौजूदा फीस पर SRH से जुड़े हैं। वे 2018 से 2021 तक भी हैदराबाद की टीम का हिस्सा रह चुके हैं। खलील ने IPL 2025 में CSK के लिए 14 मैचों में 15 विकेट लिए थे। IPL 2026 में उन्होंने चेन्नई के लिए 5 मैच खेले, लेकिन दाहिनी जांघ की मांसपेशियों में चोट के कारण पूरे सीजन से बाहर हो गए थे। डेथ ओवर्स में गेंदबाजी करेंगे नाथन एलिस एलिस 2 करोड़ रुपए की मौजूदा फीस पर SRH में शामिल हुए हैं। वे अपनी गेंदबाजी में वैरिएशन और डेथ ओवर्स में प्रभावी प्रदर्शन के लिए जाने जाते हैं। एलिस के आने से हैदराबाद के तेज गेंदबाजी विभाग को मजबूती मिलेगी। IPL 2027 का ऑक्शन 16 दिसंबर को होगा IPL 2027 सीजन के लिए खिलाड़ियों की नीलामी 16 दिसंबर को गोवा में होगी। इससे पहले सभी 10 टीमों को 17 नवंबर तक बताना होगा कि वे अपने मौजूदा खिलाड़ियों में से किन्हें साथ बनाए रखना चाहती हैं। पिछली तीन नीलामियां भारत से बाहर हुई थीं। 2024 में दुबई, 2025 के लिए सऊदी अरब के जेद्दा और 2026 में अबू धाबी में ऑक्शन हुआ था। ----------------------- IPL की यह खबर भी पढ़ें… IPL 2027- रिटेंशन की डेडलाइन 2 दिन बढ़ी:17 नवंबर तक टीमें बता सकेंगी किसे रखेंगी और किसे छोड़ेंगी; ऑक्शन 16 दिसंबर को BCCI ने IPL 2027 मिनी ऑक्शन से पहले खिलाड़ियों को टीम में बनाए रखने और रिलीज करने की तारीख दो दिन बढ़ा दी है। अब सभी 10 फ्रेंचाइजी 17 नवंबर तक अपनी लिस्ट सौंप सकेंगी। पहले इसकी आखिरी तारीख 15 नवंबर थी। खिलाड़ियों की नीलामी 16 दिसंबर को गोवा में होगी। पूरी खबर पढ़ें…
चेन्नई सुपर किंग्स और सनराइजर्स हैदराबाद के बीच IPL 2027 के ऑक्शन से पहले ट्रेड डील हुई है। इस डील में 4 खिलाड़ी शामिल हैं। हैदराबद से खेलने वाले इंग्लैंड के ऑलराउंडर लियाम लिविंगस्टोन और ऑस्ट्रेलियाई ऑलराउंडर जैक एडवर्ड्स चेन्नई की टीम में शामिल हुए हैं। वहीं चेन्नई से तेज गेंदबाज खलील अहमद और ऑस्ट्रेलियाई पेसर नाथन एलिस हैदराबाद टीम से जुड़ गए हैं। BCCI ने गुरुवार को इस ट्रेड की जानकारी दी। लिविंगस्टोन 6 करोड़ रुपए और एडवर्ड्स 3 करोड़ रुपए की मौजूदा फीस पर CSK में आए हैं। वहीं, खलील 4.8 करोड़ और एलिस 2 करोड़ रुपए की फीस पर SRH से जुड़े हैं। लिविंगस्टोन 13 करोड़ से 6 करोड़ रुपए में CSK पहुंचे इंग्लैंड के ऑलराउंडर लियाम लिविंगस्टोन को SRH ने पहले 13 करोड़ रुपए में खरीदा था। अब वे 6 करोड़ रुपए की कम फीस पर CSK में शामिल हुए हैं। वे बल्लेबाजी के साथ ऑफ स्पिन और लेग स्पिन गेंदबाजी भी कर सकते हैं। ऑस्ट्रेलियाई ऑलराउंडर जैक एडवर्ड्स भी 3 करोड़ रुपए की मौजूदा फीस पर चेन्नई पहुंचे हैं। SRH ने उन्हें इंटरनेशनल डेब्यू से पहले साइन किया था। हालांकि, पैर की चोट के कारण वे IPL 2026 में नहीं खेल सके थे। खलील अहमद की SRH में वापसी लेफ्ट आर्म तेज गेंदबाज खलील अहमद 4.8 करोड़ रुपए की मौजूदा फीस पर SRH से जुड़े हैं। वे 2018 से 2021 तक भी हैदराबाद की टीम का हिस्सा रह चुके हैं। खलील ने IPL 2025 में CSK के लिए 14 मैचों में 15 विकेट लिए थे। IPL 2026 में उन्होंने चेन्नई के लिए 5 मैच खेले, लेकिन दाहिनी जांघ की मांसपेशियों में चोट के कारण पूरे सीजन से बाहर हो गए थे। डेथ ओवर्स में गेंदबाजी करेंगे नाथन एलिस ऑस्ट्रेलियाई तेज गेंदबाज नाथन एलिस 2 करोड़ रुपए की मौजूदा फीस पर SRH में शामिल हुए हैं। वे अपनी गेंदबाजी में वैरिएशन और डेथ ओवर्स में प्रभावी प्रदर्शन के लिए जाने जाते हैं। एलिस के आने से हैदराबाद के तेज गेंदबाजी विभाग को मजबूती मिलेगी। यह ट्रेड IPL 2027 से पहले दोनों फ्रेंचाइजी के बीच हुआ है।
श्वेता सेहरावत : खुद को विकसित करने का मिलेगा मौका
नई दिल्ली, भारत की पूर्व क्रिकेटर वेदा कृष्णमूर्ति का मानना है कि आने वाले विमेंस प्रीमियर लीग (डब्ल्यूपीएल) सीजन से पहले श्वेता सेहरावत का यूपी वॉरियर्स से मुंबई इंडियंस में जाना इस युवा बल्लेबाज को अपना नैचुरल खेलने का मौका दे सकता है।
आईसीसी वनडे रैंकिंग में कहां हैं भारत और न्यूजीलैंड, पहले मैच के बाद कितना पड़ा असर
भारत और न्यूजीलैंड के बीच वनडे सीरीज खेली जा रही है, इस बीच दोनों के बीच रैंकिंग में भी टक्कर है। पहले मैच के बाद दोनों टीमों की रेटिंग में बदलाव हुआ है।
बीसीसीआई, धवन, रैना ने विराट कोहली को दी जन्मदिन की बधाई
नई दिल्ली, भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व कप्तान विराट कोहली गुरुवार को अपना 38वां जन्मदिन मना रहा है।
15 साल की बैडमिंटन खिलाड़ी तन्वी पात्री ने यूथ ओलिंपिक में मेडल पक्का कर लिया है। वे इस टूर्नामेंट के महिला सिंगल्स फाइनल में पहुंचने वाली पहली भारतीय खिलाड़ी बनीं। दैनिक भास्कर ने तन्वी के पिता रबिनारायण से बातचीत की। उन्होंने बताया कि बेटी को बैडमिंटन में आगे बढ़ाने के लिए उन्होंने चीन में सॉफ्टवेयर कंपनी की नौकरी छोड़ दी, जबकि महीने की सैलरी 5-6 लाख रुपए थी। इतना ही नहीं उन्होंने चीन के तीन कोचों से तन्वी को ट्रेनिंग दिलवाई। बुधवार को सेनेगल के डकार में खेले गए सेमीफाइनल में तन्वी ने जापान की दूसरी सीड युजुनो वातानाबे को 21-14, 11-21, 21-19 से हराया। वह आज रात चीन की यी शिन झांग से गोल्ड मेडल मैच खेलेंगी। 7 साल की उम्र में बैडमिंटन खेलना शुरू किया ओडिशा के बालासोर में जन्मीं तन्वी का बैडमिंटन से जुड़ाव चीन में हुआ। उस समय उनके पिता वहां सॉफ्टवेयर प्रोफेशनल के तौर पर काम करते थे। रबिनारायण को भी बैडमिंटन खेलने का शौक था। वे कॉलेज के दिनों से खेल रहे थे। 1990 के दशक में भारत में इस खेल के लिए बेहतर सुविधाएं नहीं थीं। इसलिए वे अपना शौक करियर में नहीं बदल सके। चीन में नौकरी के दौरान वे रेगुलर बैडमिंटन खेलने जाते थे। करीब 7 साल की तन्वी भी उनके साथ कोर्ट पर जाने लगीं। बेटी की दिलचस्पी देखकर उन्होंने उसे ट्रेनिंग दिलानी शुरू की। चीन के तीन कोचों ने तराशा खेल तन्वी ने चीन में झांग लेई, श्यू शू और वू यू जैसे कोचों से ट्रेनिंग ली। उनके पिता के मुताबिक, इन कोचों का तन्वी का खेल निखारने में अहम योगदान रहा। इनमें से एक कोच श्यू शू का पिछले साल निधन हो गया था। रबिनारायण के मुताबिक, चीन में बैडमिंटन के लिए बेहतर इंफ्रास्ट्रक्चर है। वहां सरकार ने खेलने के लिए अच्छी सुविधाएं उपलब्ध कराई हैं। खिलाड़ी कम खर्च में लंबे समय तक कोर्ट पर अभ्यास कर सकते हैं। तन्वी को भी इसका फायदा मिला। शुरुआती टूर्नामेंट में तन्वी को जीत और मेडल मिलने लगे। इससे खेल के प्रति उनकी दिलचस्पी बढ़ती गई। पिता ने कहा- 'बच्चों में खेल के प्रति रुचि छोटी उम्र से ही विकसित करनी चाहिए। केवल माता-पिता के प्रेरित करने से बच्चा आगे नहीं बढ़ सकता। उसकी खुद की दिलचस्पी भी जरूरी है।' 2020 में बेटी को लेकर भारत लौटे 2019 में तन्वी ने चीन में कई अच्छे टूर्नामेंट जीते। इससे रबिनारायण को लगा कि बेटी में आगे बढ़ने की क्षमता है। हालांकि, कुछ समय बाद उन्हें ट्रेनिंग में कमी महसूस होने लगी। उनके सामने दो विकल्प थे। पहला, चीन में नौकरी जारी रखना। दूसरा, बेटी के खेल को प्राथमिकता देना। उन्होंने दूसरा विकल्प चुना। 2020 में कोविड के दौरान वे परिवार के साथ भारत लौट आए। हालांकि, बाद में उन्होंने भारत से ही चीन की कंपनी के लिए काम करना जारी रखा। कोविड में सीनियर खिलाड़ियों के साथ अभ्यास का मौका पिता ने खुद संभाली ट्रेनिंग की जिम्मेदारी भारत लौटने के बाद रबिनारायण ने बेटी की ट्रेनिंग में खुद भी समय देना शुरू किया। उन्होंने प्राइवेट कोर्ट लेकर तन्वी के साथ अभ्यास किया। चीन में कोच से मिली तकनीकी ट्रेनिंग के आधार पर वे बेटी को खेल की बारीकियां समझाने लगे। उनका मानना है कि माता-पिता को बच्चे के खेल की बुनियादी समझ होनी चाहिए। फिलहाल तन्वी बेंगलुरु के सेंटर फॉर बैडमिंटन एक्सीलेंस (CBE) में अभ्यास करती हैं। पहले यह प्रकाश पादुकोण बैडमिंटन अकादमी के नाम से जाना जाता था। यहां उन्हें विमल कुमार, सागर और भास्कर जैसे कोच ट्रेनिंग दे रहे हैं। वीजा रिजेक्ट होने से पिछले साल अंडर-17 एशियन चैंपियनशिप नहीं खेल पाईं पिछले साल तन्वी का अंडर-17 एशियन चैंपियनशिप के लिए भारतीय टीम में चयन हुआ था। टूर्नामेंट चीन में होना था, लेकिन उनका वीजा रिजेक्ट हो गया। पिता रबिनारायण के मुताबिक, टीम के रवाना होने से ठीक पहले इसकी जानकारी मिली। वीजा मिलने तक टूर्नामेंट शुरू हो चुका था। तन्वी को बुधवार को वीजा मिला, जबकि मुकाबले मंगलवार से शुरू हो गए थे। इस घटना के बाद रबिनारायण ने चीन में तन्वी के पुराने कोचों से संपर्क किया और उनसे इनविटेशन लेटर मंगवाया। इसका मकसद आगे चीन जाने के लिए वीजा प्रक्रिया समय रहते पूरी करना था। सालाना 30-40 लाख रुपए तक का खर्च पिता बोले- यूथ ओलिंपिक सिर्फ एक पड़ाव ------------------------------------------------------ तन्वी से जुड़ी स्पोर्ट्स की यह खबर भी पढ़ें… यूथ ओलिंपिक- 15 साल की तन्वी पात्री फाइनल में पहुंची:गोल्ड जीतने वाली पहली भारतीय बन सकती हैं; चीन की खिलाड़ी से मुकाबला 15 साल की भारतीय बैडमिंटन खिलाड़ी तन्वी पात्री यूथ ओलिंपिक गेम्स के फाइनल में पहुंच गई हैं। वे इस टूर्नामेंट में महिला सिंगल्स फाइनल में पहुंचने वाली पहली भारतीय खिलाड़ी बन गईं। इसके साथ ही इस इवेंट में भारत का पहला महिला सिंगल्स मेडल भी पक्का हो गया है। पूरी खबर
हैमिल्टन के स्टेडियम में टीम इंडिया का है डराने वाला रिकॉर्ड, 11 साल पहले मिली थी पिछली जीत
भारतीय टीम ने न्यूजीलैंड के खिलाफ पांच मैचों की वनडे सीरीज का पहला मुकाबला आसानी से अपने नाम कर लिया तो वहीं अब उनको सीरीज का अगला मैच 7 नवंबर को हैमिल्टन के सेडन पार्क में खेलना है।
भारतीय क्रिकेट टीम के दिग्गज बल्लेबाज विराट कोहली ने गुरुवार को अपने 38वें जन्मदिन के मौके पर चैंपियंस ट्रॉफी 2013 के फाइनल में इंग्लैंड के खिलाफ खेली गई 34 गेंदों में 43 रनों की अपनी पारी को अपनी सर्वश्रेष्ठ वनडे पारी के रूप में चुना है।
श्वेता सेहरावत को मुंबई इंडियंस में खुद को विकसित करने का मौका मिलेगा: वेदा कृष्णमूर्ति
नई दिल्ली, 5 नवंबर (आईएएनएस)। भारत की पूर्व क्रिकेटर वेदा कृष्णमूर्ति का मानना है कि आने वाले विमेंस प्रीमियर लीग (डब्ल्यूपीएल) सीजन से पहले श्वेता सेहरावत का यूपी वॉरियर्स से मुंबई इंडियंस में जाना इस युवा बल्लेबाज को अपना नैचुरल खेलने का मौका दे सकता है।
बांग्लादेश ने सिलहट में दूसरे टेस्ट मैच के पहले दिन लंच तक वेस्टइंडीज के 3 विकेट गिरा दिए हैं। मेहमान टीम ने पहली पारी में 3 विकेट पर 86 रन बनाए हैं। तस्किन अहमद ने 2 विकेट लिए, जबकि हसन महमूद को एक सफलता मिली। शुरुआती झटकों के बाद अमीर जांगू और डेब्यू कर रहे केविन विकहम ने वेस्टइंडीज की पारी संभाली। दोनों ने चौथे विकेट के लिए नाबाद 59 रन जोड़ लिए हैं। लंच के समय जांगू 32 और विकहम 27 रन बनाकर खेल रहे थे। तस्किन ने किंग और सिल्वा को आउट किया तस्किन ने नई गेंद से शुरुआती ओवरों में दबाव बनाया। तस्किन ने 13 रन के टीम स्कोर पर ब्रैंडन किंग को क्लीन बोल्ड कर दिया। किंग 9 रन बनाकर पवेलियन लौटे। इसके बाद हसन महमूद ने कावेम हॉज को आउट किया। हॉज उनकी गेंद को छोड़ने के प्रयास में मिडिल स्टंप की बेल गिरा बैठे। तस्किन ने जोशुआ डा सिल्वा को LBW आउट कर वेस्टइंडीज को तीसरा झटका दिया। उनकी अंदर आती गेंद डा सिल्वा के फ्रंट पैड पर लगी। वे 12 रन बनाकर आउट हुए। जांगू और विकहम के बीच फिफ्टी पार्टनरशिप दोनों टीमों ने दो-दो बदलाव किए सिलहट टेस्ट के लिए बांग्लादेश ने टीम में दो बदलाव किए। शोरिफुल इस्लाम की जगह तस्किन अहमद और चोटिल मोमिनुल हक की जगह मुशफिकुर रहीम को शामिल किया गया। वेस्टइंडीज को भी दो बदलाव करने पड़े। जॉन कैंपबेल और टैगेनरीन चंद्रपॉल वायरल बुखार के कारण मैच से बाहर हैं। उनकी जगह जोशुआ डा सिल्वा और केविन विकहम को टीम में मौका मिला।
यूईएफए : कोमो की रिकॉर्ड जीत, लेंस को 9-1 से हराया
लेंस, कोमो ने यूईएफए चैंपियंस लीग में लेंस को 9-1 से हरा दिया। इस टूर्नामेंट में किसी इटैलियन क्लब की अब तक की यह सबसे बड़ी जीत है।
सूर्यकुमार यादव की हो सकती है वापसी, नवंबर में मैदान में आएंगे नजर
टीम इंडिया के पूर्व कप्तान सूर्यकुमार यादव जल्द ही मैदान पर नजर आ सकते हैं। संभावना है कि वे सैयद मुश्ताक अली टूर्नामेंट में मुंबई की कप्तानी कर सकते हैं।
अमेरिका क्रिकेट को दिवालियापन से बाहर निकालने की तैयारी शुरू हो गई है। कोर्ट नियुक्त ट्रस्टी मार्क डेनिस ने बोर्ड के लिए तीन स्वतंत्र डायरेक्टर के नाम प्रस्तावित किए हैं। इनमें सेलिना कैंग, पैट्रिक सिंगलटन और नॉर्मन वेन शामिल हैं। नई टीम ICC से निलंबित सदस्यता बहाल कराने और अमेरिकी क्रिकेट में प्रशासनिक स्थिरता लाने की जिम्मेदारी संभालेगी। यह प्रस्ताव USA क्रिकेट के रिऑर्गेनाइजेशन प्लान का हिस्सा है, जिसे अमेरिकी बैंकरप्सी कोर्ट में दाखिल किया गया है। मेजर लीग क्रिकेट (MLC) की मालिक कंपनी अमेरिकन क्रिकेट एंटरप्राइजेज (ACE) ने भी संगठन को चलाने के लिए 29 करोड़ 68 लाख रुपए तक की अतिरिक्त फंडिंग देने का भरोसा दिया है। जनवरी 2027 में कोर्ट की मंजूरी मिलने की उम्मीद कोर्ट नियुक्त ट्रस्टी मार्क डेनिस ने 15 जनवरी 2027 के आसपास रिऑर्गेनाइजेशन प्लान की सुनवाई कराने का अनुरोध किया है। यह सुनवाई अधिकतम 22 जनवरी तक हो सकती है। फंडिंग व्यवस्था के लिए 29 जनवरी तक कोर्ट की मंजूरी जरूरी है। प्लान को मंजूरी मिलने और सभी शर्तें पूरी होने के बाद तीनों नए डायरेक्टर पद संभाल सकते हैं। उसी समय USA क्रिकेट के मौजूदा बोर्ड के सभी सदस्यों का कार्यकाल समाप्त हो जाएगा। नए डायरेक्टर के चयन की प्रक्रिया पर ICC और अमेरिकी ओलिंपिक एवं पैरालिंपिक समिति (USOPC) ने भी नजर रखी है। USA क्रिकेट और ACE के बीच चल रहा विवाद दरअसल, USA क्रिकेट और ACE के बीच लंबे समय से कमर्शियल समझौते को लेकर विवाद चल रहा था। दोनों पक्ष 2019 के शुरुआती समझौते की शर्तों के अनुरूप नया करार नहीं कर पाए थे। इसी मतभेद ने संगठन के प्रशासनिक संकट को और बढ़ाया। अब नए बोर्ड को ACE के साथ मिलकर ऐसा समझौता करना होगा, जो ICC की पहले उठाई गई आपत्तियों को भी दूर करे। ICC सस्पेंशन के दौरान भी जारी रहेगी फंडिंग 2028 ओलिंपिक तक बिना चुनाव के चल सकता है बोर्ड नए संविधान के तहत USA क्रिकेट के बोर्ड में 9 से 11 डायरेक्टर हो सकते हैं। इसमें खिलाड़ियों के प्रतिनिधियों के पास कम से कम 33.3% वोटिंग अधिकार होंगे। प्रस्तावित व्यवस्था के मुताबिक, ICC की सदस्यता बहाल होने तक स्वतंत्र डायरेक्टर के पास बोर्ड की कमान रह सकती है। ऐसे में 2028 लॉस एंजिलिस ओलिंपिक तक सामान्य सदस्यों के बीच चुनाव कराए बिना भी संगठन चल सकता है। हालांकि, दस्तावेजों में चुनाव कराने पर रोक नहीं लगाई गई है और न ही इसके लिए कोई निश्चित समयसीमा तय की गई है। पहले भी प्रशासनिक विवादों में फंस चुका है अमेरिका क्रिकेट अमेरिकी क्रिकेट का प्रशासनिक संकट नया नहीं है। USA क्रिकेट से पहले यहां यूनाइटेड स्टेट्स ऑफ अमेरिका क्रिकेट एसोसिएशन (USACA) काम करती थी। उसे 2005 से 2015 के बीच तीन बार ICC ने निलंबित किया था। 2017 में ICC ने उसे बाहर कर दिया। इसके बाद USA क्रिकेट का गठन किया गया, लेकिन कुछ सालों में संगठन में फिर प्रशासनिक विवाद शुरू हो गए। सितंबर 2025 में ICC ने उसकी सदस्यता निलंबित कर दी। मैदान पर अच्छा प्रदर्शन, क्रिकेट वेन्यू भी तैयार प्रशासनिक विवादों के बीच अमेरिकी टीम ने मैदान पर अच्छा प्रदर्शन किया है। टीम ने तीन साल तक चले अभियान के बाद वर्ल्ड कप लीग-2 का खिताब जीता। वहीं देश में प्रोफेशनल क्रिकेट का विस्तार भी हो रहा है। लॉस एंजिलिस नाइट राइडर्स ने पोमोना में नया क्रिकेट वेन्यू तैयार किया है, जहां 2028 ओलिंपिक के क्रिकेट मुकाबले होने हैं। वहीं, वॉशिंगटन फ्रीडम ने मैरीलैंड के फ्रेडरिक में 10 हजार दर्शकों की क्षमता वाला निजी क्रिकेट स्टेडियम बनाने का काम शुरू किया है। ---------------------------- स्पोर्ट्स की यह खबर भी पढ़ें… आज 38 साल के हुए विराट कोहली:सुरेश रैना बोले- एक बार का किंग, हमेशा किंग; दिनेश कार्तिक की पोस्ट- आपकी फिटनेस का जवाब नहीं विराट कोहली गुरुवार को 38वां जन्मदिन मना रहे हैं। इस मौके पर कई क्रिकेटरों ने सोशल मीडिया पर बधाईयां दी हैं। इनमें शिखर धवन, रवि शास्त्री, सुरेश रैना, दिनेश कार्तिक भी शामिल हैं। पूरी खबर पढ़ें…
वनडे टीम के साथ रहने से रेड बॉल क्रिकेट में वापसी में मदद मिलेगी: स्पेंसर जॉनसन
ऑस्ट्रेलिया के बाएं हाथ के तेज गेंदबाज स्पेंसर जॉनसन ने उम्मीद जताई है कि ऑस्ट्रेलिया की वनडे टीम के साथ लगातार खेलने से उन्हें प्रथम श्रेणी क्रिकेट में वापसी करने में मदद मिलेगी। नवंबर 2024 से कोई फर्स्ट-क्लास गेम नहीं खेले, स्पेंसर का सपना इस फॉर्मेट में वापसी का है।
Birthday Special: लक्ष्य कितना भी बड़ा हो, विराट कोहली की नजर रहती है जीत पर; इसलिए कहलाते हैं 'चेज मास्टर'
एशियन चैंपियंस ट्रॉफी 2026 के फाइनल में गुरुवार को भारत और जापान आमने-सामने होंगे। मोहाली में शाम सात बजे से होने वाले मुकाबले में भारतीय टीम की नजर रिकॉर्ड छठे खिताब पर है।
इंटरनेट डेस्क। भारत और न्यूजीलैंड के बीच पांच मैचों की वनडे सीरीज का आगाज हो चुका है। इसका पहला मैच 4 नवंबर को ऑकलैंड के ईडन पार्क में खेला गया, जो एक लो-स्कोरिंग मुकाबला रहा। इसमें भारतीय टीम ने 5 विकेट से जीत दर्ज की। अब इसका दूसरा मैच 7 नवंबर को वेलिंग्टन के हेनरी स्टेडियम में खेला जाएगा। इस मुकाबले से पहले टीम इंडिया को बड़ा झटका लगा है, क्योंकि स्टार खिलाड़ी सीरीज के शेष 4 मैचों का हिस्सा नहीं होगा। पहले तीन वनडे के लिए शुभमन गिल की कप्तानी में सभी प्रमुख खिलाड़ियों को जगह मिली है, जबकि अंतिम दो मैचों में श्रेयस अय्यर की कप्तानी में खिलाड़ी खेलेंगे। वहीं, जिस खिलाड़ी के बाहर होने की बात हम कर रहे हैं, वह ऑलराउंडर नीतीश कुमार रेड्डी हैं। रेड्डी को पहले वनडे में मौका नहीं दिया गया था और अब वह बिना खेले ही सीरीज से बाहर हो गए हैं। कुछ फैंस चिंतित हो रहे होंगे कि क्या नीतीश कुमार रेड्डी फिर से इंजर्ड हो गए, जो उन्हें पांच मैचों की वनडे सीरीज के शेष चार मैचों से बाहर होना पड़ा है तो बता दें कि ऐसा नहीं है। PC- cricinfo.com
टी10 लीग : पाकिस्तानी खिलाड़ियों के खेलने पर ग्रहण
नई दिल्ली, पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड (पीसीबी) ने अपने खिलाड़ियों का एनओसी (नो-ऑब्जेक्शन सर्टिफिकेट) ब्लॉक कर दिया है। इस वजह से पाकिस्तानी खिलाड़ियों का अबू धाबी टी10 में हिस्सा लेना बहुत मुश्किल हो गया है।
Maya Rajeshwaran Revathi चेन्नई ओपन के क्वार्टर फाइनल में, सानिया के बाद बनीं पहली भारतीय
... अमनप्रीत सिंह ...चेन्नई, पांच नवंबर भारत की युवा टेनिस खिलाड़ी माया राजेश्वरन रेवती अपनी ऐतिहासिक उपलब्धि के महत्व से भलीभांति परिचित हैं लेकिन वह इस सफलता से उत्साहित होकर अपने लक्ष्य से भटकने के बजाय खेल पर ध्यान केंद्रित रखना चाहती हैं। सत्रह वर्षीय माया ने बुधवार को यहां चेन्नई ओपन में डब्ल्यूटीए टूर स्तर की एकल प्रतियोगिता के क्वार्टर फाइनल में जगह बनाकर 2012 के बाद यह उपलब्धि हासिल करने वाली पहली भारतीय महिला खिलाड़ी बनने का गौरव प्राप्त किया। इससे पहले यह कारनामा दिग्गज सानिया मिर्जा ने किया था। सानिया ने फरवरी 2012 में पटाया ओपन के क्वार्टर फाइनल में पहुंचकर यह उपलब्धि हासिल की थी। विश्व रैंकिंग में 669वें स्थान पर काबिज माया ने दूसरे दौर के मुकाबले में पोलैंड की क्वालीफायर खिलाड़ी वेरोनिका फाल्कोव्स्का (विश्व रैंकिंग 277) को सीधे सेटों में 6-4, 6-3 से शिकस्त दी। चेन्नई ओपन के पिछले दो सत्रों में कोई भी भारतीय खिलाड़ी दूसरे दौर से आगे नहीं बढ़ सकी थी। ऐसे में माया की यह जीत और भी खास हो गई है। कम उम्र में अचानक सुर्खियों में आना किसी भी खिलाड़ी के लिए अवसर के साथ चुनौती भी लेकर आता है। ऐसी उपलब्धि के बाद मिलने वाली प्रशंसा जहां खिलाड़ी को आगे बढ़ने का हौसला देती है, वहीं उससे ध्यान भटकने का खतरा भी रहता है। माया इसे खिलाड़ी के करियर का अहम हिस्सा मानती हैं। उनका मानना है कि भारतीय महिला टेनिस को नये आदर्शों की जरूरत है और ऐसे में खिलाड़ियों को मिलने वाली पहचान काफी मायने रखती है। क्वार्टर फाइनल में पहुंचने के बाद माया ने कहा, ‘‘मुझे लगता है कि यह किसी भी खिलाड़ी के करियर का हिस्सा है। कुछ चीजें ऐसी होती हैं जिन्हें करना जरूरी होता है और मदद मिलना हमेशा अच्छा लगता है। पहचान मिलना भी सुखद होता है। भारत जैसे देश में किसी खिलाड़ी को पहचान मिलना निश्चित रूप से बहुत अच्छी बात है।’’उन्होंने कहा, ‘‘ इसके लिए सब कुछ आपके खेल पर निर्भर करता है। आप अच्छा प्रदर्शन करते हैं, उससे सीखते हैं और वही हासिल करते हैं जो आप चाहते हैं।’’कोयंबतूर की इस युवा खिलाड़ी ने स्वीकार किया कि वह अपने सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन से दूर थीं। खासकर उनकी सर्विस उम्मीद के मुताबिक नहीं रही। इसके अलावा प्रतिद्वंद्वी खिलाड़ी के आक्रामक रिटर्न ने भी उनकी मुश्किलें बढ़ाईं। माया ने कहा, ‘‘जीत हासिल करके खुश हूं। मेरा प्रदर्शन उम्मीद के मुताबिक नहीं रहा। पिछले दौर में मेरा खेल इससे बेहतर था, लेकिन खुशी है कि मैंने जीत के रास्ते तलाश लिए।’’उन्होंने कहा, ‘‘फाल्कोव्स्का काफी आक्रामक रिटर्न लगा रही थीं और हर गेंद पर दमदार प्रहार कर रही थीं। इसलिए मैंने खुलकर खेलने, सही जगहों पर शॉट लगाने और अधिक से अधिक शॉट को अंक में बदलने की कोशिश की। माया की इस उपलब्धि के पीछे बदलावों से भरा एक पूरा सत्र रहा है। वह जूनियर टेनिस के साथ-साथ पेशेवर सर्किट में भी लगातार अपनी मौजूदगी बढ़ा रही हैं। उन्होंने इस साल एक पेशेवर खिताब जीतने का लक्ष्य रखा था और नाइजीरिया के लागोस में आईटीएफ प्रतियोगिता जीतकर इसे हासिल भी कर लिया। उन्होंने कहा, ‘‘मैं इस साल एक पेशेवर खिताब जीतना चाहती थी और इसकी शुरुआत लागोस से हुई। मुझे लगता है कि यह मेरे करियर की अच्छी शुरुआत रही।’’माया का फिलहाल लक्ष्य अधिक से अधिक मुकाबले खेलना और साल का समापन अच्छे प्रदर्शन के साथ करना है। वह रैंकिंग या बड़ी उपलब्धियों को लेकर किसी तरह का दबाव नहीं लेना चाहतीं। उन्होंने कहा, ‘‘हमारे कुछ अल्पकालिक लक्ष्य जरूर हैं, लेकिन मैं उन्हें हासिल करने का दबाव नहीं लेना चाहती। आपको लगातार अपने खेल में सुधार करना है और उन पहलुओं पर काम करते रहना है जिनकी जरूरत है। मेरा मानना है कि इसके बाद मुकाबले और जीत अपने आप मिलने लगेंगे।’’जूनियर ग्रैंडस्लैम प्रतियोगिताओं में अपने सफर और वहां उम्मीद के मुताबिक नतीजे नहीं मिलने के सवाल पर माया ने कहा, ‘‘आप मुकाबले खेलते हैं, हारते हैं और उनसे सीखते हैं। पुरानी बातों में उलझे रहने का कोई फायदा नहीं है।’’
कोहली के पास बाबर आजम की नंबर-1 की कुर्सी छीनने का मौका, खेलनी होगी सिर्फ एक 50 प्लस रनों की पारी
विराट कोहली ने न्यूजीलैंड के खिलाफ वनडे सीरीज का आगाज काफी शानदार तरीके से किया जिसमें ऑकलैंड के मैदान पर वह 74 रनों की पारी खेलने में कामयाब रहे। वहीं अब कोहली के पास एक और बड़ा रिकॉर्ड अपने नाम करने का शानदार मौका रहने वाला है।
ऑस्ट्रेलिया के एफ1 वर्ल्ड चैंपियन एलन जोन्स का निधन, एजीपीसी ने जताया शोक
मेलबर्न, 5 नवंबर (आईएएनएस)। ऑस्ट्रेलिया के 1980 फॉर्मूला वन वर्ल्ड चैंपियन एलन जोन्स का 80 साल की उम्र में निधन हो गया। जोन्स ने 12 ग्रैंड प्रिक्स जीतकर खेल के इतिहास में अपना नाम दर्ज कराया था।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी गुरुवार को एशियाई पैरा गेम्स 2026 में हिस्सा लेने वाले भारतीय दल से नई दिल्ली में बातचीत करेंगे। भारत ने जापान के आइची-नागोया में आयोजित प्रतियोगिता में 30 स्वर्ण, 35 रजत और 49 कांस्य सहित रिकॉर्ड 114 पदक जीते।
भारतीय हॉकी के पूर्व खिलाड़ी एमएम सोमैया के बंगलूरू स्थित घर में 28 अक्टूबर को चोरी हुई। चोर 1980 मॉस्को ओलंपिक का स्वर्ण पदक, दो एशियाई खेलों के पदक और चैंपियंस ट्रॉफी का कांस्य पदक समेत कीमती सामान ले गए।
यूईएफए चैंपियंस लीग: लिवरपूल को फेनरबाचे ने 3-2 से हराया
यूईएफए चैंपियंस लीग में सुक्रू साराकोग्लू स्टेडियम में खेले गए मुकाबले में लिवरपूल की टीम को फेनरबाचे के खिलाफ हार का सामना करना पड़ा। फेनरबाचे ने जोरदार वापसी करते हुए लिवरपूल को 3-2 से हराया।
Virat Kohli Turns 38: आलोचना, खराब फॉर्म और वापसी... हर दौर में खुद को साबित करते रहे 'किंग कोहली'
Virat Kohli Turns 38: आलोचना, खराब फॉर्म और वापसी... हर दौर में खुद को साबित करते रहे 'किंग कोहली'
भारतीय क्रिकेट के स्टार बल्लेबाज विराट कोहली गुरुवार को अपना 38वां जन्मदिन मना रहे हैं। इस मौके पर उन्हें क्रिकेट जगत से बधाइयां मिल रही हैं। भारत के पूर्व कोच रवि शास्त्री और पूर्व क्रिकेटर सुरेश रैना ने सोशल मीडिया पर खास अंदाज में उन्हें जन्मदिन की शुभकामनाएं दीं। सुरेश बोले- जीत की भूख आपको खास बनाती है पूर्व भारतीय क्रिकेटर सुरेश रैना ने भी विराट कोहली को जन्मदिन की बधाई दी। उन्होंने लिखा, 'हैप्पी बर्थडे किंग कोहली। आपकी शानदार कवर ड्राइव और यादगार रन चेज ने क्रिकेट फैंस को कई यादें दी हैं। खेल के प्रति आपका जुनून, संघर्ष करने का जज्बा और जीतने की भूख आपको खास बनाती है।' रैना ने आगे लिखा, 'आपको बल्लेबाजी करते देखना मेरे लिए हमेशा खुशी की बात रही है। इसी तरह लोगों को प्रेरित करते रहें और भारत को गौरवान्वित करते रहें। एक बार किंग, हमेशा किंग।' रवि शास्त्री ने मजाकिया अंदाज में दी बधाई पूर्व भारतीय कोच रवि शास्त्री ने विराट कोहली की बल्लेबाजी करते हुए एक तस्वीर शेयर की। उन्होंने लिखा, 'जन्मदिन की बहुत-बहुत शुभकामनाएं चैंपियन। 37वें साल के आखिरी दिनों में भी शानदार प्रदर्शन कर रहे हो। इसी तरह अपना खेल जारी रखो। मैं 38 का हो रहा हूं, लेकिन 36 का लग रहा हूं। ओह ला ला!' शास्त्री ने इस संदेश के साथ हंसने और चश्मा लगाए इमोजी भी शेयर किए। विराट के नाम कई बड़े क्रिकेट रिकॉर्ड विराट कोहली ने अपने करियर में भारतीय क्रिकेट को कई यादगार पारियां दी हैं। टेस्ट, वनडे और टी-20 में उनके नाम कई बड़े रिकॉर्ड हैं। खास तौर पर वनडे क्रिकेट में उनके शतकों और सफल रन चेज में प्रदर्शन ने उन्हें दुनिया के सबसे सफल बल्लेबाजों में शामिल किया है। ------------------------- स्पोर्ट्स की यह खबर भी पढ़ें… कोहली ने तोड़ा तेंदुलकर का रिकॉर्ड:वनडे रनचेज में सबसे ज्यादा रन, रोहित 17वीं बार शून्य पर आउट; अर्शदीप का गर्लफ्रेंड के लिए डांस भारत ने ऑकलैंड में खेले गए पहले वनडे में न्यूजीलैंड को 5 विकेट से हरा दिया। विराट कोहली लक्ष्य का पीछा करते हुए सबसे ज्यादा रन बनाने वाले बल्लेबाज बन गए। उन्होंने सचिन तेंदुलकर का रिकॉर्ड तोड़ा। पूरी खबर पढ़ें…
भारतीय क्रिकेट के स्टार बल्लेबाज विराट कोहली गुरुवार को अपना 38वां जन्मदिन मना रहे हैं। इस मौके पर उन्हें क्रिकेट जगत से बधाइयां मिल रही हैं। भारत के पूर्व कोच रवि शास्त्री और पूर्व क्रिकेटर सुरेश रैना ने सोशल मीडिया पर खास अंदाज में उन्हें जन्मदिन की शुभकामनाएं दीं। सुरेश रैना बोले- एक बार किंग, हमेशा किंग पूर्व भारतीय क्रिकेटर सुरेश रैना ने भी विराट कोहली को जन्मदिन की बधाई दी। उन्होंने लिखा, 'हैप्पी बर्थडे किंग कोहली। आपकी शानदार कवर ड्राइव और यादगार रन चेज ने क्रिकेट फैंस को कई यादें दी हैं। खेल के प्रति आपका जुनून, संघर्ष करने का जज्बा और जीतने की भूख आपको खास बनाती है।' रैना ने आगे लिखा, 'आपको बल्लेबाजी करते देखना मेरे लिए हमेशा खुशी की बात रही है। इसी तरह लोगों को प्रेरित करते रहें और भारत को गौरवान्वित करते रहें। एक बार किंग, हमेशा किंग।' रवि शास्त्री ने मजाकिया अंदाज में दी बधाई पूर्व भारतीय कोच रवि शास्त्री ने विराट कोहली की बल्लेबाजी करते हुए एक तस्वीर शेयर की। उन्होंने लिखा, 'जन्मदिन की बहुत-बहुत शुभकामनाएं चैंपियन। 37वें साल के आखिरी दिनों में भी शानदार प्रदर्शन कर रहे हो। इसी तरह अपना खेल जारी रखो। मैं 38 का हो रहा हूं, लेकिन 36 का लग रहा हूं। ओह ला ला!' शास्त्री ने इस संदेश के साथ हंसने और चश्मा लगाए इमोजी भी शेयर किए। विराट के नाम कई बड़े क्रिकेट रिकॉर्ड विराट कोहली ने अपने करियर में भारतीय क्रिकेट को कई यादगार पारियां दी हैं। टेस्ट, वनडे और टी-20 में उनके नाम कई बड़े रिकॉर्ड हैं। खास तौर पर वनडे क्रिकेट में उनके शतकों और सफल रन चेज में प्रदर्शन ने उन्हें दुनिया के सबसे सफल बल्लेबाजों में शामिल किया है।
ब्राजील में उबरलांडिया और मामोरे के बीच अंडर-20 फुटबॉल सेमीफाइनल में गोल के बाद खिलाड़ियों और अधिकारियों के बीच हिंसक झड़प हो गई।
अबू धाबी टी10 लीग में पाकिस्तानी खिलाड़ियों के खेलने पर ग्रहण, पीसीबी ने रोकी एनओसी
नई दिल्ली, 5 नवंबर (आईएएनएस)। पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड (पीसीबी) ने अपने खिलाड़ियों का एनओसी (नो-ऑब्जेक्शन सर्टिफिकेट) ब्लॉक कर दिया है। इस वजह से पाकिस्तानी खिलाड़ियों का अबू धाबी टी10 में हिस्सा लेना बहुत मुश्किल हो गया है।
IND vs NZ: रोहित शर्मा के एक रन आउट ने बदला मैच का रुख, शुभमन गिल ने जमकर की तारीफ
IND vs NZ: रोहित शर्मा के एक रन आउट ने बदला मैच का रुख, शुभमन गिल ने जमकर की तारीफ
SAFF Championship में आज होगा IND vs PAK के बीच महामुकाबला, VETO में फ्री में देखें लाइव मैच
सैफ चैंपियनशिप 2026 का आगाज 5 नवंबर से भारत और पाकिस्तान की टीमों के बीच में होने वाले महामुकाबले के साथ हो रहा है, जिसमें इस मैच का सीधा प्रसारण VETO OTT पर बिल्कुल फ्री किया जाएगा।
17 साल की माया राजेशवरन रेवती चेन्नई ओपन के क्वार्टर फाइनल में पहुंच गई हैं। वह 14 साल बाद किसी WTA टूर-लेवल सिंगल्स टूर्नामेंट के क्वार्टर फाइनल में पहुंचने वाली पहली भारतीय महिला खिलाड़ी हैं। इससे पहले 2012 में सानिया मिर्जा ने पट्टाया ओपन में यह उपलब्धि हासिल की थी। माया ने बुधवार को राउंड ऑफ-16 में पोलैंड की वेरोनिका फाल्कोवस्का को 6-4, 6-3 से हराया। माया की जीत की 5 बड़ी बातें 1. 14 साल का इंतजार खत्म: माया 2012 में सानिया मिर्जा के बाद WTA टूर सिंगल्स के क्वार्टर फाइनल में पहुंचने वाली पहली भारतीय महिला बनीं। 2. वर्ल्ड नंबर-277 को हराया: वर्ल्ड नंबर-669 माया ने पोलैंड की क्वालिफायर वेरोनिका फाल्कोवस्का को 6-4, 6-3 से शिकस्त दी। 3. पहले सेट में पिछड़कर वापसी: माया एक समय पहले सेट में 2-4 से पीछे थीं, लेकिन लगातार गेम जीतकर 6-4 से सेट अपने नाम किया। 4. तीसरे मैच पॉइंट पर जीत: दूसरे सेट में 5-3 की बढ़त बनाने के बाद माया ने तीसरे मैच पॉइंट पर मुकाबला जीत लिया। 5. चेन्नई ओपन में भारतीयों का इंतजार खत्म: पिछले दो सीजन में कोई भारतीय खिलाड़ी दूसरे राउंड से आगे नहीं बढ़ पाया था। माया ने यह सिलसिला तोड़ा। पहले सेट में लगातार 5 सर्विस ब्रेक, 4-2 से पिछड़ने के बाद वापसी की मैच की शुरुआत माया के लिए अच्छी नहीं रही। उन्होंने डबल फॉल्ट के साथ शुरुआत की और अपनी सर्विस गंवा दी। हालांकि, उन्होंने तुरंत वापसी करते हुए फाल्कोवस्का की सर्विस तोड़ दी। पहले सेट में दोनों खिलाड़ियों के बीच लगातार 5 गेम में सर्विस ब्रेक हुए। इस दौरान डबल फॉल्ट और अनफोर्स्ड एरर्स भी देखने को मिले। फाल्कोवस्का ने एक समय 4-2 की बढ़त बना ली थी। इसके बाद माया ने लगातार दो गेम जीतकर स्कोर 4-4 किया और फिर अपनी सर्विस बचाकर 5-4 की बढ़त हासिल की। 10वें गेम में फाल्कोवस्का ने दो डबल फॉल्ट किए और एक फोरहैंड शॉट भी बाहर मार दिया। इससे माया को सेट जीतने के दो मौके मिले। उन्होंने दूसरा सेट पॉइंट भुनाते हुए पहला सेट 6-4 से अपने नाम कर लिया। दूसरे सेट में भी आक्रामक खेल जारी रखा दूसरे सेट में फाल्कोवस्का ने अपने शॉट्स में ज्यादा ताकत लगाने की कोशिश की, लेकिन माया ने आक्रामक खेल जारी रखा। उन्होंने अहम मौकों पर संयम बनाए रखा और आठवें गेम में फाल्कोवस्का की सर्विस तोड़कर 5-3 की बढ़त बना ली। इसके बाद माया मैच के लिए सर्व करने उतरीं। उन्हें जीत दर्ज करने के लिए तीन मैच पॉइंट का इंतजार करना पड़ा। तीसरे मैच पॉइंट पर फाल्कोवस्का का फोरहैंड शॉट नेट में चला गया। इसके साथ ही माया ने दूसरा सेट 6-3 से जीतकर क्वार्टर फाइनल में जगह बना ली। पुर्तगाल में पहला W35 सिंगल्स खिताब जीता था माया के लिए यह सीजन शानदार रहा है। अक्टूबर में उन्होंने पुर्तगाल के लागोस में अपना पहला W35 सिंगल्स खिताब जीता था। उन्होंने क्वालिफाइंग राउंड से शुरुआत की और पूरे टूर्नामेंट में एक भी सेट गंवाए बिना खिताब अपने नाम किया। उन्होंने यूक्रेन की येलिजावेता कोटलियार के साथ मिलकर डबल्स का खिताब भी जीता था। प्रोफेशनल सिंगल्स खिताब जीतने वाली वह सानिया मिर्जा के बाद सबसे कम उम्र की भारतीय खिलाड़ी बनी थीं। ट्रेनिंग एकेडमी भी बदली माया ने हाल ही में अपनी ट्रेनिंग एकेडमी बदली है। उन्होंने स्पेन की राफा नडाल एकेडमी छोड़कर दक्षिणी फ्रांस के एलीट टेनिस सेंटर में अभ्यास शुरू किया है। ------------------------------------------------ स्पोर्ट्स की यह खबर भी पढ़ें… विमेंस प्रीमियर लीग का पहला मुकाबला बेंगलुरु और मुंबई में:14 जनवरी को वडोदरा में भिड़ेंगी, 7 फरवरी को फाइनल; 5 टीमें 22 मैच खेलेंगी विमेंस प्रीमियर लीग (WPL) का पहला मुकाबला 14 जनवरी को डिफेंडिंग चैंपियन रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (RCB) और दो बार की चैंपियन मुंबई इंडियंस (MI) के बीच खेला जाएगा। वडोदरा इंटरनेशनल क्रिकेट स्टेडियम में होने वाला यह मैच शाम 7:30 बजे शुरू होगा। पूरी खबर
विराट कोहली ने की रिकी पोंटिंग की बराबरी, न्यूजीलैंड के खिलाफ दूसरे वनडे मैच में इतिहास रचने का मौका
न्यूजीलैंड के खिलाफ वनडे सीरीज के पहले मुकाबले को भारतीय टीम DLS नियमानुसार 5 विकेट से अपने नाम करने में कामयाब रही जिसमें विराट कोहली के बल्ले से शानदार 74 रनों की पारी देखने को मिली। वहीं अब उनके पास दूसरे मुकाबले में इतिहास रचने का शानदार मौका रहने वाला है।
विराट को चेस मास्टर ऐसे ही नहीं कहा जाता! पाक दिग्गज ने भी ठोका सलाम
भारतीय टीम को न्यूजीलैंड के खिलाफ पांच मैचों की वनडे सीरीज के पहले मुकाबले में दमदार जीत हासिल हुई. भारत की इस जीत में विराट कोहली का सबसे अहम रोल रहा. कोहली ने टीम के लिए 74 रनों की मैच विनिंग पारी खेली.
नई दिल्ली, 4 नवंबर (आईएएनएस)। कजाकिस्तान के अस्ताना में आयोजित सीनियर वर्ल्ड रेसलिंग चैंपियनशिप में महिलाओं के 59 किलोग्राम वर्ग में ऐतिहासिक गोल्ड मेडल जीतने के बाद भारतीय पहलवान मनीषा भनवाला ने केंद्रीय खेल मंत्री मनसुख मांडविया से मुलाकात की।
भारतीय हॉकी टीम ने एशियाई चैंपियंस ट्रॉफी के सेमीफाइनल में साउथ कोरिया को 8-1 से करारी शिकस्त देकर रिकॉर्ड सातवीं बार फाइनल में जगह बना ली।
FIFA President Gianni Infantino 2027 में नहीं लड़ सकते चौथा चुनाव, पूर्व अधिकारी का दावा
फीफा अध्यक्ष पद पर गियानी इन्फेंटिनो की दोबारा दावेदारी को लेकर विवाद गहराता जा रहा है। फुटबॉल की वैश्विक संस्था के पूर्व शासन समिति प्रमुख मिगुएल मादुरो ने दावा किया है कि फीफा के नियमों के अनुसार इन्फेंटिनो 2027 में चौथी बार अध्यक्ष पद का चुनाव नहीं लड़ सकते। उनका कहना है कि संस्था के नियम किसी भी व्यक्ति को अधिकतम 3 कार्यकाल तक ही अध्यक्ष रहने की अनुमति देते हैं। ऐसे में इन्फेंटिनो की एक और पारी नियमों के खिलाफ होगी। मादुरो ने मंगलवार को पत्रकारों से बातचीत में फीफा के नियमों का हवाला देते हुए कहा कि संस्था के नियमों की धारा 33 के दूसरे अनुच्छेद में साफ लिखा है कि कोई भी व्यक्ति 3 कार्यकाल से अधिक अध्यक्ष नहीं रह सकता। उनके मुताबिक, इन्फेंटिनो 3 बार अध्यक्ष चुने जा चुके हैं और इसलिए उनके लिए चौथी बार इस पद पर बने रहने का कोई रास्ता नहीं होना चाहिए। यह विवाद ऐसे समय सामने आया है, जब मार्च 2027 में होने वाले फीफा अध्यक्ष चुनाव के लिए उम्मीदवारों के नाम जमा करने की अंतिम तारीख नजदीक है। इस समय सीमा से करीब 2 सप्ताह पहले मानवाधिकार संगठन फेयरस्क्वेयर ने फीफा के सदस्य देशों के फुटबॉल संघों को पत्र लिखकर इन्फेंटिनो की उम्मीदवारी पर सवाल उठाने और उन्हें चुनाव के लिए अयोग्य घोषित करने की मांग की है। फेयरस्क्वेयर पहले भी फीफा से इस मामले में फैसला लेने की अपील कर चुका है। संगठन का तर्क है कि इन्फेंटिनो पहले ही अध्यक्ष के रूप में अधिकतम 3 कार्यकाल पूरे कर चुके हैं। हालांकि, इन्फेंटिनो ने अपने पहले कार्यकाल को इस सीमा में शामिल नहीं करने का तर्क दिया था। वह 2016 में तत्कालीन अध्यक्ष सेप ब्लैटर के इस्तीफे के बाद विशेष कांग्रेस में चुने गए थे। उनका कहना था कि उन्होंने बीच में छोड़े गए कार्यकाल को पूरा किया था, इसलिए इसे पूरा कार्यकाल नहीं माना जाना चाहिए। दिसंबर 2022 में फीफा परिषद ने सर्वसम्मति से यह माना था कि 2016 से 2019 तक का समय इन्फेंटिनो के कार्यकाल की सीमा में नहीं गिना जाएगा। हालांकि, फेयरस्क्वेयर का कहना है कि इस फैसले के पीछे दिए गए कारणों को सार्वजनिक नहीं किया गया। मादुरो ने भी इस दलील से असहमति जताई है। उनका कहना है कि नियमों में छोटे या अधूरे कार्यकाल के लिए कोई अलग छूट नहीं दी गई है। नियम केवल 3 कार्यकाल की बात करते हैं, चाहे उनकी अवधि 4 साल से कम ही क्यों न हो। बता दें कि मिगुएल मादुरो पुर्तगाल के वकील हैं। उन्हें 2017 में फीफा की शासन समिति के प्रमुख पद से हटा दिया गया था। उस समय उन्होंने रूस के उप प्रधानमंत्री विताली मुत्को को संस्था की एक शीर्ष समिति में दोबारा चुने जाने से रोक दिया था। दूसरी ओर, इन्फेंटिनो की चुनावी स्थिति फिलहाल मजबूत दिखाई दे रही है। पिछले महीने एशियाई फुटबॉल महासंघ के प्रमुख ने उनकी दावेदारी का समर्थन किया था। अलग-अलग महाद्वीपीय फुटबॉल संगठनों से मिल रहे समर्थन के कारण 211 सदस्य देशों के वोट वाले इस चुनाव में उनकी स्थिति मजबूत मानी जा रही है। मादुरो ने फीफा की व्यवस्था पर भी सवाल उठाए हैं। उनका कहना है कि संस्था के भीतर अध्यक्ष की शक्तियों पर नजर रखने वाली समितियों की स्वतंत्रता कमजोर हुई है। इसके कारण अध्यक्ष के फैसलों की प्रभावी जांच नहीं हो पा रही है। उन्होंने सदस्य देशों के फुटबॉल संघों के चुप रहने की वजह डर का माहौल बताया। फेयरस्क्वेयर के सह-संस्थापक और निदेशक निकोलस मैकगीहन के मुताबिक, संगठन ने 52 सदस्य संघों से संपर्क किया है, लेकिन अभी तक किसी ने जवाब नहीं दिया है। उन्होंने बताया कि संगठन बुधवार को नॉर्वे के फुटबॉल अधिकारियों से मुलाकात करेगा। नॉर्वे फुटबॉल संघ पहले भी इन्फेंटिनो के खिलाफ राजनीतिक निष्पक्षता के नियमों के उल्लंघन से जुड़ी शिकायत का समर्थन कर चुका है। मैकगीहन ने दूसरे देशों के संघों से भी नियमों के पालन के लिए आगे आने की अपील की है। अब देखना होगा कि फीफा इस विवाद पर क्या रुख अपनाता है और इन्फेंटिनो की चौथी बार अध्यक्ष बनने की कोशिश को लेकर क्या फैसला होता है।
डिफेंडिंग चैंपियन भारत ने एशियन चैंपियंस ट्रॉफी के फाइनल में जगह बना ली है। बुधवार को मोहाली में खेले गए सेमीफाइनल में टीम ने साउथ कोरिया को 8-1 से हराया। भारत की ओर से शिलानंद लाकड़ा और दिलप्रीत सिंह ने 2-2 गोल किए। कप्तान हरमनप्रीत सिंह, सुखजीत सिंह, अंगद बीर सिंह और विवेक सागर प्रसाद ने एक-एक गोल किया। भारत अब 6 नवंबर को फाइनल में जापान से खेलेगा। जापान ने पहले सेमीफाइनल में मलेशिया को पेनल्टी शूटआउट में हराकर खिताबी मुकाबले में जगह बनाई। कोरिया और मलेशिया ब्रॉन्ज मेडल के लिए भिड़ेंगे। पहले क्वार्टर में भारत ने बनाई बढ़त मैच के चौथे मिनट में दिलप्रीत सिंह ने बाएं तरफ से शानदार मूव बनाया। उन्होंने गेंद शिलानंद लाकड़ा को दी, जिन्होंने गोल करके भारत को 1-0 से आगे कर दिया। कोरिया ने नौवें मिनट में हान सांगजुन के गोल से बराबरी कर ली। भारत ने तुरंत जवाब दिया। अगले ही मिनट उसे पेनल्टी कॉर्नर मिला। हरमनप्रीत ने इस मौके पर तेज ड्रैग-फ्लिक लगाई। भारत 2-1 से आगे हो गया। 13वें मिनट में हरमनप्रीत के एक और ड्रैग-फ्लिक को कोरियाई गोलकीपर ने रोक लिया। गेंद गोल के सामने ही रह गई और शिलानंद ने रिबाउंड पर गोल कर दिया। पहले क्वार्टर के अंत तक भारत 3-1 से आगे था। दूसरे क्वार्टर में चार गोल, मुकाबला एकतरफा हुआ दूसरे क्वार्टर में भारत ने चार गोल दागकर कोरिया की वापसी की उम्मीद लगभग खत्म कर दी। 19वें मिनट में संजय के पास पर सुखजीत सिंह ने शॉट लगा दिया। इस तरह भारत ने स्कोर 4-1 कर दिया। अगले ही मिनट कोरिया के एक कमजोर पास का दिलप्रीत ने फायदा उठाया। उन्होंने अंगद बीर सिंह के साथ तेजी से पास का आदान-प्रदान किया और गेंद गोल में पहुंचा दी। 25वें मिनट में हरमनप्रीत ने लंबा पास देकर दिलप्रीत को मौका दिया। दिलप्रीत ने तंग कोण से बिना गेंद रोके शॉट लगाया और भारत को 6-1 की बढ़त दिला दी। अंगद और विवेक ने आखिरी दो गोल किए तीसरे क्वार्टर के छठे मिनट यानी मैच के 36वें मिनट में जरमनप्रीत सिंह ने दाएं तरफ से पास दिया। अंगद बीर सिंह ने स्टिक लगाकर गेंद की दिशा बदली और उसे गोलपोस्ट में पहुंचा दिया। हॉकी में इसे डिफ्लेक्शन कहते हैं। इससे गोलकीपर को गेंद की दिशा समझने और उसे रोकने का समय बहुत कम मिलता है। 54वें मिनट में विवेक सागर प्रसाद ने गेंद को संभाला और रिवर्स-हिट से शॉट लगाया। रिवर्स-हिट में खिलाड़ी स्टिक के उलटे हिस्से से गेंद को मारता है। गेंद गोलकीपर के पैड से लगकर गोल में चली गई। भारत ने 8-1 से जीत दर्ज की। लीग स्टेज में सभी मैच जीते भारत ने सेमीफाइनल से पहले लीग स्टेज के अपने सभी पांच मैच जीते थे। टीम 15 अंकों के साथ पॉइंट्स टेबल में पहले स्थान पर रही। उसने इन मुकाबलों में 34 गोल किए और सिर्फ 5 गोल खाए। लीग स्टेज के आखिरी मैच में भारत ने कोरिया को ही 8-0 से हराया था। टूर्नामेंट में हरमनप्रीत भारत के सबसे बड़े गोल स्कोरर रहे हैं। सेमीफाइनल से पहले उनके नाम 9 गोल थे। सुखजीत और दिलप्रीत ने 4-4 गोल किए थे, जबकि जुगराज सिंह के खाते में 3 गोल थे। इस मैच के बाद हरमनप्रीत के गोल 10 और दिलप्रीत के 6 हो गए। एशियन चैंपियंस ट्रॉफी में भारत सबसे सफल टीम एशियन चैंपियंस ट्रॉफी की शुरुआत 2011 में हुई थी। इसमें एशिया की छह टीमें हिस्सा लेती हैं। 2026 का आयोजन पंजाब के जालंधर और मोहाली में 27 अक्टूबर से 5 नवंबर तक हो रहा है। लीग स्टेज के मुकाबले जालंधर में हुए, जबकि सेमीफाइनल और फाइनल मोहाली में खेले जा रहे हैं। भारत ने अब तक पांच बार यह खिताब जीता है। 2011 में पाकिस्तान को शूटआउट में हराकर पहली बार चैंपियन बना था। 2016 में फाइनल में पाकिस्तान को 3-2 से हराकर दूसरी बार ट्रॉफी जीती। भारत का कोरिया के खिलाफ रिकॉर्ड भी मजबूत दोनों टीमों के बीच अब तक 26 मुकाबले हुए हैं। इनमें भारत ने 16 जीते, 7 ड्रॉ रहे और 3 में कोरिया को जीत मिली। इस टूर्नामेंट में दोनों टीमें दो बार आमने-सामने आईं और दोनों मैच भारत ने जीते।
टेनिस दिग्गज राफेल नडाल 'रियल मैड्रिड' के बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स में शामिल
स्पेन के मशहूर फुटबॉल क्लब 'रियल मैड्रिड' ने टेनिस के दिग्गज खिलाड़ी राफेल नडाल को अपने बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स में शामिल कर लिया है...
India vs South Korea Semifinal: भारत ने एशियन चैंपियंस ट्रॉफी 2026 के फाइनल में धमाकेदार एंट्री मारी है। भारत ने सेमीफाइनल में दक्षिण कोरिया को 8-1 से करारी शिकस्त दी।
भारत के पूर्व हॉकी खिलाड़ी एम.एम. सोमैया के बेंगलुरु स्थित घर से चोर 1980 मॉस्को ओलंपिक का गोल्ड मेडल ले गए। 28 अक्टूबर की रात हुई इस चोरी के वक्त 67 साल के सोमैया परिवार के साथ कोडागु गए हुए थे। चोर गोल्ड मेडल के अलावा 1982 एशियन गेम्स का सिल्वर, 1986 एशियन गेम्स का ब्रॉन्ज और 1982 चैंपियंस ट्रॉफी का ब्रॉन्ज मेडल भी ले गए। सोने के गहने, चांदी के सामान और 30 हजार रुपए नकद भी चोरी हुए। पुलिस ने कुल चोरी की कीमत 3.53 लाख रुपए आंकी है। चोरी का पता तब चला, जब एक पड़ोसी ने सोमैया के घर का दरवाजा खुला देखा और उन्हें सूचना दी। पड़ोसी के घर लगे CCTV कैमरों की फुटेज में रात करीब 2:34 बजे दो संदिग्ध घर में घुसते दिखे। एक ने नीली और दूसरे ने लाल शर्ट पहन रखी थी। 1980 में 16 साल बाद भारत ने जीता था गोल्ड मॉस्को ओलंपिक का गोल्ड भारतीय हॉकी के लिए खास था। भारत ने इससे पहले 1964 टोक्यो ओलंपिक में गोल्ड जीता था। 1980 में टीम 16 साल बाद फिर ओलंपिक चैंपियन बनी। इससे पहले भारतीय टीम 1928 से 1956 तक लगातार छह ओलंपिक गोल्ड जीत चुकी थी। फाइनल में भारत ने स्पेन को 4-3 से हराया था। सुरिंदर सिंह सोढ़ी ने दो गोल किए, जबकि मोहम्मद शाहिद और एम.के. कौशिक ने एक-एक गोल किया। इंटरनेशनल डेब्यू के साथ ही ओलंपिक गोल्ड जीता एम.एम. सोमैया का पूरा नाम मानेयापांडा मुथन्ना सोमैया है। उनका जन्म 8 मई 1959 को कर्नाटक के मर्कारा (अब मदिकेरी) में हुआ था। उनके पिता बॉम्बे हॉकी एसोसिएशन के सदस्य थे। सोमैया पांच साल की उम्र से हॉकी देखते थे और 12 साल की उम्र में खेलने लगे। बाद में माइकल सालदान्हा ने उन्हें महिंद्रा एंड महिंद्रा की टीम में खेलने का मौका दिया। 1975 से वे बॉम्बे की जूनियर और सीनियर राष्ट्रीय चैंपियनशिप टीमों का हिस्सा बनने लगे। 1980 मॉस्को ओलंपिक में उन्होंने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर डेब्यू किया और टीम के साथ गोल्ड जीता। एस्ट्रो टर्फ पर खेलने के लिए बजरी के मैदान पर तैयारी मॉस्को ओलंपिक में भारतीय टीम के सामने एस्ट्रो टर्फ पर खेलने की चुनौती थी। यह कृत्रिम घास से बना मैदान होता है, जिस पर गेंद प्राकृतिक घास के मुकाबले तेजी से चलती है। भारतीय खिलाड़ी तब तक ज्यादातर प्राकृतिक घास पर खेलते आए थे। इस बदलाव के लिए कोच बालकृष्ण सिंह ने बेंगलुरु में बजरी के मैदान पर अभ्यास कराया। इससे खिलाड़ियों को तेज सतह पर खेलने की तैयारी करने में मदद मिली। सोमैया ने भी बाद में बताया था कि एस्ट्रो टर्फ पर खेलना उनके लिए नया अनुभव था। तीन ओलंपिक में खेले, 1988 में कप्तानी भी की मॉस्को के बाद सोमैया ने 1984 लॉस एंजिलिस और 1988 सियोल ओलंपिक में भी भारत का प्रतिनिधित्व किया। 1988 में वे भारतीय टीम के कप्तान बने। उन्होंने दो हॉकी वर्ल्ड कप, दो एशियन गेम्स, दो एशिया कप और तीन चैंपियंस ट्रॉफी टूर्नामेंट में भी देश के लिए खेला। उन्हें अर्जुन अवॉर्ड से सम्मानित किया गया।
टेनिस दिग्गज राफेल नडाल 'रियल मैड्रिड' के बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स में शामिल
मैड्रिड, 4 नवंबर (आईएएनएस)। स्पेन के मशहूर फुटबॉल क्लब 'रियल मैड्रिड' ने टेनिस के दिग्गज खिलाड़ी राफेल नडाल को अपने बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स में शामिल कर लिया है। इस फैसले के साथ नडाल अब क्लब के प्रशासन और महत्वपूर्ण निर्णय लेने वाली टीम का हिस्सा बन गए हैं।
श्रीलंका को मिली नई कप्तान, इमर्जिंग नेशंस ट्रॉफी में हर्षिता समरविक्रमा संभालेंगी टीम की कमान
श्रीलंका ने नेपाल में 12 से 25 नवंबर तक होने वाली महिला इमर्जिंग नेशंस ट्रॉफी के लिए 14 सदस्यीय टीम का ऐलान किया है। टीम की कमान समरविक्रमा को सौंपी गई है।
ICC Test Rankings: मिचेल स्टार्क फिर बने दुनिया के नंबर-1 टेस्ट गेंदबाज, श्रेयस अय्यर को भी टी-20 रैंकिंग में फायदा
विमेंस प्रीमियर लीग (WPL) का पहला मुकाबला 14 जनवरी को डिफेंडिंग चैंपियन रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (RCB) और दो बार की चैंपियन मुंबई इंडियंस (MI) के बीच खेला जाएगा। वडोदरा इंटरनेशनल क्रिकेट स्टेडियम में होने वाला यह मैच शाम 7:30 बजे शुरू होगा। BCCI ने टूर्नामेंट के लिए वडोदरा और मुंबई को वेन्यू चुना है। शुरुआती 11 मुकाबले 14 से 24 जनवरी तक वडोदरा में खेले जाएंगे। इसके बाद 26 जनवरी से मुंबई में लीग के बाकी मैच होंगे। लीग स्टेज का आखिरी मुकाबला 3 फरवरी को दिल्ली कैपिटल्स और UP वॉरियर्स के बीच होगा। एलिमिनेटर 5 फरवरी और फाइनल 7 फरवरी को खेला जाएगा। टूर्नामेंट में पांच टीमें हिस्सा लेंगी। लीग स्टेज में हर टीम बाकी चार टीमों से दो-दो बार भिड़ेगी। इस तरह 20 लीग मैच होंगे। एलिमिनेटर और फाइनल को मिलाकर कुल 22 मुकाबले खेले जाएंगे। पूरा टूर्नामेंट 25 दिन में होगा। RCB और MI 2-2 बार की चैंपियन RCB ने 2022 और 2026 का खिताब जीता था। मुंबई भी दो बार चैंपियन रह चुकी है। दोनों टीमों के बीच दूसरा मुकाबला 26 जनवरी को मुंबई के क्रिकेट क्लब ऑफ इंडिया में होगा। UP वॉरियर्स की शुरुआत गुजरात जायंट्स के खिलाफ UP वॉरियर्स अपना पहला मैच 15 जनवरी को गुजरात जायंट्स के खिलाफ खेलेगी। हालिया नीलामी में UP वॉरियर्स ने कई बड़े खिलाड़ियों को खरीदकर चर्चा बटोरी थी। टीम ने ऑस्ट्रेलिया की सोफी मोलिन्यू को 1.10 करोड़ रुपए में खरीदा और ग्रेस हैरिस को भी वापस टीम में शामिल किया। दिल्ली कैपिटल्स अपना पहला मुकाबला 16 जनवरी को RCB के खिलाफ खेलेगी। दिल्ली की टीम अब तक चार बार फाइनल में पहुंच चुकी है, लेकिन खिताब नहीं जीत सकी है। विमेंस प्रीमियर लीग ऑक्शन में 25 खिलाड़ी बिकीं 28 अक्टूबर को WPL के पांचवें सीजन के ऑक्शन में 25 प्लेयर्स को खरीदा गया। इसमें 18 भारतीय और 7 विदेशी रहीं। ऑस्ट्रेलिया की सोफी मोलिन्यूक्स को यूपी वॉरियर्स ने सबसे ज्यादा 1.10 करोड़ रुपए में खरीदा। भारतीय ऑलराउंडर स्नेह राणा 30 लाख रुपए में यूपी की टीम में शामिल हुईं। कोच्चि में हो रहे ऑक्शन में किरण नवगिरे को दिल्ली कैपिटल्स ने 75 लाख और जी कमलिनी को गुजरात जायंट्स ने 40 लाख रुपए में खरीदा। ---------------------- यह खबर भी पढ़ें… विमेंस प्रीमियर लीग ऑक्शन में यूपी ने 6 ऑलराउंडर खरीदे विमेंस प्रीमियर लीग (WPL) 2027 ऑक्शन में पांचों टीमों ने अपनी जरूरत के हिसाब से स्क्वॉड में बदलाव किए। यूपी वॉरियर्ज ने 6 ऑलराउंडर्स पर भरोसा जताया। RCB ने अपने कोर ग्रुप को मजबूत किया। मुंबई इंडियंस ने भारतीय खिलाड़ियों की बेंच स्ट्रेंथ बढ़ाई। पढ़ें पूरी खबर…
14 जनवरी को RCB और MI के बीच टक्कर, WPL के लिए शेड्यूल का ऐलान
महिला प्रीमियर लीग के आगामी सीजन यानी WPL 2027 का शेड्यूल जारी कर दिया गया है. पिछले सीजन यानी 2026 के विमेंस प्रीमियर लीग का खिताब रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु ने जीता था. इस बार सीजन का पहला मुकाबला आरसीबी और मुंबई के बीच खेला जाएगा.
एशियन पैरा गेम्स 2026 में भारतीय प्लेयर्स से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी कल मुलाकात करेंगे। नई दिल्ली के इंदिरा गांधी स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स में शाम करीब 4:30 बजे यह कार्यक्रम होगा। प्रधानमंत्री कार्यालय (PMO) ने बुधवार को इसकी जानकारी दी। जापान के आईची-नागोया में 18 से 24 अक्टूबर तक हुए इन खेलों में भारत ने कुल 114 मेडल जीते। इनमें 30 गोल्ड, 35 सिल्वर और 49 ब्रॉन्ज शामिल हैं। भारत पहली बार इस प्रतियोगिता में 30 गोल्ड तक पहुंचा। टीम पॉइंट्स टेबल में चौथे स्थान पर रही। 2023 में चीन के हांगझोउ में हुए एशियन पैरा गेम्स में भारत ने 108 मेडल हासिल किए थे। पीएम मोदी दिल्ली में एशियन गेम्स मेडलिस्ट से मिले:कहा- महिला हॉकी में 44 साल का इंतजार खत्म हुआ; इनकी सफलता, देश की सफलता 114 मेडल कैसे आए, किस खेल ने सबसे ज्यादा योगदान दिया? भारत के मेडल सिर्फ एक-दो खेलों तक सीमित नहीं रहे। पैरा एथलेटिक्स और पैरा बैडमिंटन ने सबसे ज्यादा योगदान दिया। इनके अलावा तैराकी, तीरंदाजी, शूटिंग, टेबल टेनिस, जूडो और पावरलिफ्टिंग में भी भारतीय खिलाड़ियों ने पदक जीते। पैरा एथलेटिक्स ने अकेले दिलाए 65 मेडल भारत की कुल पदक संख्या में सबसे बड़ा हिस्सा पैरा एथलेटिक्स का रहा। इस खेल में खिलाड़ियों ने 22 गोल्ड, 19 सिल्वर और 24 ब्रॉन्ज जीते। इसका कारण यह है कि एथलेटिक्स में कई तरह के इवेंट होते हैं। इसमें 100 और 200 मीटर की दौड़ से लेकर लंबी दूरी, ऊंची कूद, लंबी कूद, भाला फेंक और क्लब थ्रो जैसे इवेंट शामिल हैं। इस बार सुमित अंतिल ने भाला फेंक में अपना गोल्ड बरकरार रखा। निशाद कुमार और मोना अग्रवाल भी दो-दो गोल्ड जीतने वाले भारतीय खिलाड़ियों में शामिल रहे। बैडमिंटन में 16 और स्विमिंग में 11 मेडल पैरा बैडमिंटन भारत का दूसरा सबसे सफल खेल रहा। भारतीय खिलाड़ियों ने इसमें 3 गोल्ड, 5 सिल्वर और 8 ब्रॉन्ज समेत 16 मेडल जीते। नितेश कुमार ने पुरुष सिंगल्स SL3 फाइनल में हमवतन प्रमोद भगत को हराकर गोल्ड जीता। दोनों खिलाड़ी पैरालिंपिक में भी भारत का प्रतिनिधित्व कर चुके हैं। वहीं नवीन शिवकुमार ने पुरुष सिंगल्स SL4 में गोल्ड हासिल किया। थुलासिमथी मुरुगेसन ने भी शानदार प्रदर्शन किया। उन्होंने महिला डबल्स में मानसी जोशी के साथ गोल्ड जीता। महिला सिंगल्स में उन्हें सिल्वर मिला, जबकि मिक्स्ड डबल्स में भी उन्होंने सिल्वर अपने नाम किया। इस तरह उन्होंने एक ही प्रतियोगिता में तीन मेडल जीते। पैरा स्विमिंग में भारत को 11 मेडल मिले। इनमें 3 सिल्वर और 8 ब्रॉन्ज शामिल थे। हिमांशु नंदल ने पुरुषों की 100 मीटर फ्रीस्टाइल S11 में ब्रॉन्ज जीता। उन्होंने प्रतियोगिता में कुल तीन ब्रॉन्ज मेडल हासिल किए। एशियन पैरा गेम्स क्या हैं और इनका महत्व क्यों है? एशियन पैरा गेम्स एशिया के दिव्यांग खिलाड़ियों के लिए होने वाली खेल प्रतियोगिता है। इसमें अलग-अलग देशों के खिलाड़ी अपनी शारीरिक स्थिति और खेल की क्षमता के अनुसार मुकाबला करते हैं। हर खेल में वर्गीकरण का अपना तरीका होता है। उदाहरण के लिए, एथलेटिक्स में दौड़ने, कूदने या थ्रो करने की क्षमता के आधार पर अलग श्रेणियां होती हैं। बैडमिंटन में भी खिलाड़ियों की शारीरिक स्थिति के अनुसार SL, SU जैसी कैटेगरी बनाई जाती हैं। मोदी टी-20 वर्ल्ड कप जीतने वाली टीम से भी मिल चुके
WPL 2027 के शेड्यूल का ऐलान, 14 जनवरी से होगा आगाज, 2 वेन्यू पर खेले जाएंगे कुल 22 मैच
वूमेन्स प्रीमियर लीग 2027 के शेड्यूल की घोषणा कर दी गई है। टूर्नामेंट का अगले साल 14 जनवरी को आगाज होगा। 2 शहरों में कुल 22 मैचों का आयोजन होगा।
रोहित शर्मा की फील्डिंग के कायल हुए कप्तान शुभमन गिल, रन-आउट को बताया मैच का टर्निंग पॉइंट
भारतीय टीम ने ODI सीरीज का आगाज शानदार अंदाज में किया है। टीम इंडिया ने पहले ODI मैच में न्यूजीलैंड को 5 विकेट से करारी शिकस्त दी।
किसी तेज गेंदबाज के लिए सिर्फ तेज गेंद डालना काफी नहीं होता। उसे यह भी पता होना चाहिए कि किस बल्लेबाज के सामने कैसी गेंद डालनी है। भारतीय तेज गेंदबाज अंशुल कंबोज ने न्यूजीलैंड के खिलाफ ऑकलैंड वनडे में यही करके दिखाया। 25 साल के हरियाणा के इस गेंदबाज ने 10 ओवर में सिर्फ 22 रन दिए और 2 विकेट लिए। उन्होंने 2 ओवर मेडन भी डाले। खास बात यह रही कि उन्होंने अपनी गेंदबाजी में लगातार सही लाइन और लेंथ बनाए रखी। यह प्रदर्शन इसलिए भी अहम है, क्योंकि कुछ महीने पहले मैनचेस्टर टेस्ट में अंशुल अपनी सामान्य रफ्तार से काफी धीमे गेंदबाजी कर रहे थे। उनके पहले अंतरराष्ट्रीय अनुभव अच्छे नहीं रहे थे। लेकिन टीम मैनेजमेंट ने उन्हें एक-दो खराब मैचों के आधार पर बाहर करने के बजाय सुधार का मौका दिया। अंशुल ने भी अपनी तकनीक पर काम किया और ऑकलैंड में उसका फायदा मिला। मैनचेस्टर टेस्ट में 125 kmph की रफ्तार पर अटक गए थे अंशुल का इंटरनेशनल करियर आसान शुरुआत वाला नहीं रहा। जुलाई 2025 में इंग्लैंड के खिलाफ मैनचेस्टर टेस्ट में उन्हें चोटिल अर्शदीप सिंह की जगह टीम में शामिल किया गया था। ट्रेनिंग के दौरान अर्शदीप की उंगली में चोट लगी थी, जिसके कारण वे चौथे टेस्ट के लिए उपलब्ध नहीं थे। भारतीय टीम को अंशुल से उम्मीद थी कि वे 135 से 140 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से गेंद डाल सकेंगे। लेकिन मैनचेस्टर में उनकी गेंदों की रफ्तार करीब 125 किलोमीटर प्रति घंटे ही रही। उनके बचपन के कोच सतीश राणा भी इस प्रदर्शन से हैरान थे। यहां समस्या सिर्फ लाइन और लेंथ की नहीं थी। कोच ने मैनचेस्टर के वीडियो देखे तो पाया कि अंशुल का रन-अप लय में नहीं था। कोच ने रन-अप छोटा किया, फिर एक ही लेंथ पर घंटों अभ्यास कराया मैनचेस्टर के खराब प्रदर्शन के बाद अंशुल और उनके कोच ने उनकी गेंदबाजी की बुनियादी चीजों पर काम शुरू किया। कोच ने रन-अप को करीब दो गज छोटा किया। इसके बाद फिटनेस पर काम हुआ। फिर अंशुल ने घंटों एक ही लेंथ पर गेंद डालते थे। घरेलू क्रिकेट ने तैयार की टीम इंडिया तक पहुंचने की राह वेस्टइंडीज के खिलाफ खराब प्रदर्शन के बाद भी गिल ने किया समर्थन मैनचेस्टर टेस्ट के बाद अंशुल को वनडे क्रिकेट में भी मौका मिला। अक्टूबर 2026 में वेस्टइंडीज के खिलाफ उन्होंने अपना वनडे डेब्यू किया। लेकिन इस फॉर्मेट में शुरुआती प्रदर्शन भी उम्मीद के मुताबिक नहीं रहा। गुवाहाटी में खेले गए मुकाबले में वेस्टइंडीज के बल्लेबाजों ने उनकी गेंदों पर रन बनाए। ऐसे समय में कप्तान शुभमन गिल ने उनका समर्थन किया। गिल ने कहा था कि किसी खिलाड़ी के लिए टीम में आते ही तुरंत अच्छा प्रदर्शन करना आसान नहीं होता। अंशुल और आकीब नबी ऐसे गेंदबाज हैं, जिन्हें टीम आगे भी मौके देना चाहती है। गिल ने अंशुल की एक और खासियत बताई थी। उन्होंने कहा कि अंशुल आठवें नंबर पर बल्लेबाजी भी कर सकते हैं और टीम के लिए यह स्थान काफी अहम है। न्यूजीलैंड दौरे पर पहली बार तैयारी के लिए पूरा समय मिला ऑकलैंड में अंशुल की तैयारी पहले के मुकाबलों से अलग थी। इस बार उन्हें अचानक चोटिल खिलाड़ी की जगह बुलाकर सीधे मैदान पर नहीं उतारना पड़ा। वे न्यूजीलैंड दौरे पर इंडिया-A के साथ टेस्ट खेलने के बाद सीनियर टीम से जुड़े थे। 31 अक्टूबर को लिंकन से ऑकलैंड पहुंचने के बाद उन्हें अभ्यास के लिए पर्याप्त समय मिला। पहले स्पेल में विकेट नहीं मिला, लेकिन बल्लेबाजों को बांधे रखा न्यूजीलैंड के खिलाफ मुकाबले में कप्तान शुभमन गिल ने अंशुल को आठवें ओवर में गेंद सौंपी। उनका पहला स्पेल 5 ओवर का था। इसमें उन्होंने सिर्फ 12 रन दिए और एक मेडन ओवर डाला, लेकिन कोई विकेट नहीं मिला। अंशुल जब दोबारा गेंदबाजी करने आए, तो उनकी रफ्तार में भी तेजी दिखी। वे करीब 140 किलोमीटर प्रति घंटे की गति से गेंद डालने लगे। उन्होंने न्यूजीलैंड के कप्तान मिचेल सैंटनर को बोल्ड किया। इसके अगले ओवर में नाथन स्मिथ का विकेट मिला। स्मिथ का कैच विराट कोहली ने स्लिप में डाइव लगाकर पकड़ा। वॉबल सीम गेंद और सही लेंथ पर भरोसा मैच के बाद प्लेयर ऑफ द मैच चुने गए अंशुल ने अपनी गेंदबाजी की रणनीति समझाई। उन्होंने कहा कि उनका ध्यान पिच के व्यवहार के बजाय लगातार सही लाइन और लेंथ पर गेंद डालने पर था। उनके मुताबिक, वॉबल सीम गेंद उस दिन अच्छी काम कर रही थी और उन्हें पिच से अच्छा बाउंस भी मिल रहा था। वॉबल सीम गेंद में गेंद की सीम सीधी नहीं रहती, बल्कि हवा में या पिच पर पड़ते समय हल्का-सा डगमगा सकती है। इससे बल्लेबाज के लिए यह अनुमान लगाना मुश्किल हो जाता है कि गेंद टप्पा पड़ने के बाद किस दिशा में जाएगी। एक मैच से करियर तय नहीं होता- अंशुल अंशुल ने मैच के बाद कहा कि एक मुकाबला किसी खिलाड़ी का करियर तय नहीं करता। उन्होंने बताया कि वे पहले भी इसी तरह की चीजें करते आ रहे हैं और मैनचेस्टर टेस्ट के बाद अच्छा प्रदर्शन करने की प्रेरणा मिली।
जिम्बाब्वे की टेस्ट टीम में 9 साल बाद दिग्गज प्लेयर की वापसी, 22 साल का खिलाड़ी संभालेगा कप्तानी
2 मैचों की टेस्ट सीरीज के लिए जिम्बाब्वे ने अपनी टीम का ऐलान कर दिया है। 5 नवंबर से UAE के शारजाह में टेस्ट सीरीज का आगाज होगा, जिसमें जिम्बाब्वे का अफगानिस्तान से सामना होगा।
रोहित भाई के उस 'रन-आउट' ने मैच का रुख बदल दिया: कप्तान गिल
भारत ने बुधवार को न्यूजीलैंड के खिलाफ बारिश से प्रभावित मुकाबले में 5 विकेट से जीत हासिल की। कप्तान शुभमन गिल ने बुधवार को ईडन पार्क में मिली जीत का श्रेय अपनी टीम की अनुशासित गेंदबाजी और बेहतरीन फील्डिंग को दिया।

