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भारत के बॉक्सर 10 गोल्ड मेडल मैच खेलेंगे:लवलीना बोरगोहेन पर नजर; आज कॉमनवेल्थ गेम्स में 5 खेलों में मेडल की उम्मीद

कॉमनवेल्थ गेम्स के नौवें दिन भारतीय मुक्केबाज 10 गोल्ड मेडल मैच में हिस्सा लेंगे। इनमें ओलिंपिक मेडलिस्ट लवलीना बोरगोहेन भी शामिल हैं। शनिवार को भारतीय खिलाड़ी बॉक्सिंग, एथलेटिक्स, पैरा एथलेटिक्स, जूडो, ट्रैक साइक्लिंग और लॉन बॉल्स में चुनौती पेश करेंगे। दिनभर में कुल 44 गोल्ड मेडल इवेंट्स होंगे। इनमें 19 एथलेटिक्स-पैरा एथलेटिक्स, 14 बॉक्सिंग, 6 ट्रैक-पैरा ट्रैक साइक्लिंग और 5 जूडो के फाइनल शामिल हैं। बॉक्सिंग में भारत के 10 मेडल पक्के भारत की शुरुआत दोपहर 3:30 बजे प्रीति पवार के महिला 54 kg फाइनल से होगी। इसके बाद 3:45 बजे जैस्मिन लांबोरिया (57 kg) और 4:15 बजे जदुमणि सिंह (55 kg) गोल्ड के लिए उतरेंगे। रात 9 बजे साक्षी चौधरी 51 kg, 9:15 बजे प्रिया घंघास 60 kg, 9:30 बजे अरुंधति चौधरी 70 kg, 10:15 बजे लवलीना बोरगोहेन 75 kg, 10:45 बजे सचिन सिवाच 60 kg, 11:15 बजे अंकुश पंघाल 80 kg और 11:45 बजे नरेंद्र बरवाल 90+ kg में अपने फाइनल मुकाबले खेलेंगे। एथलेटिक्स और पैरा एथलेटिक्स में भी मेडल की उम्मीद दोपहर 2:35 बजे शुभम जुयाल और सोमन राणा पुरुष शॉटपुट एफ-57 फाइनल में उतरेंगे। इसके बाद 2:40 बजे प्रवीण चित्रावेल और सेल्वा प्रभु तिरुमारण पुरुष ट्रिपल जंप में हिस्सा लेंगे। फिर दोपहर 2:50 बजे रमेश शन्मुगम पुरुष 1500 मीटर टी-54 और 3 बजे प्रियंका गोस्वामी एंड रवीना गायकवाड़ महिला 10,000 मीटर रेस वॉक फाइनल खेलेंगी। रात 11:35 बजे देव मीणा और कुलदीप कुमार पुरुष पोल वॉल्ट फाइनल में उतरेंगे। इसके बाद 12:15 बजे गुलवीर सिंह पुरुष 5000 मीटर और 1:50 बजे भारत की मिक्स्ड 4x400 मीटर रिले टीम पदक के लिए चुनौती पेश करेगी। जूडो और ट्रैक साइक्लिंग में भी मुकाबले जूडो में उन्नति शर्मा, करणजीत सिंह मान, हर्ष तोकस और इनुंगानबी ताखेल्लामबम अपने-अपने शुरुआती मुकाबले खेलेंगे। जीत मिलने पर वे अगले दौर में पहुंचेंगे। ट्रैक साइक्लिंग में 4:19 बजे दिनेश कुमार और हर्षवीर सिंह सेखों पुरुष 10 किमी स्क्रैच रेस क्वालिफाइंग में उतरेंगे। क्वालिफाई करने पर दोनों रात 10:50 बजे फाइनल खेलेंगे। लॉन बॉल्स में इंग्लैंड से मुकाबला लॉन बॉल्स में 3:50 बजे नवनीत सिंह और दिनेश कुमार की भारतीय जोड़ी पुरुष पेयर्स सेक्शनल प्ले में इंग्लैंड का सामना करेगी। क्वालिफाई करने पर यही जोड़ी रात 11:45 बजे सेमीफाइनल खेलेगी। वहीं 10:20 बजे नयनमोनी सैकिया महिला सिंगल्स सेक्शनल प्ले में साउथ अफ्रीका की ब्रिजेट हर्सेलमैन के खिलाफ उतरेंगी।

दैनिक भास्कर 1 Aug 2026 4:30 am

Explainer: जूडो में कैसे मिलती है जीत? जानिए खेल के नियम और कैसे अस्मिता डे-हर्ष सिंह ने रचा स्वर्णिम इतिहास

कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में भारत ने जूडो में नया इतिहास रच दिया। अस्मिता डे और हर्ष सिंह ने स्वर्ण, जबकि यामिनी मौर्य ने रजत पदक जीता। जानिए जूडो कैसे खेला जाता है, इसमें अंक कैसे मिलते हैं और भारत ने 34 साल का स्वर्ण पदक का इंतजार कैसे खत्म किया।

अमर उजाला 1 Aug 2026 2:43 am

सीडब्ल्यूजी 2026: तेजस्विन शंकर ने पुरुषों की डेकाथलॉन स्पर्धा में ब्रॉन्ज मेडल के साथ इतिहास रचा

ग्लासगो, 1 अगस्त (आईएएनएस)। तेजस्विन शंकर ने शुक्रवार देर रात (भारतीय समय के अनुसार) कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में पुरुषों के 'डेकाथलॉन' में ब्रॉन्ज मेडल जीतकर इतिहास रच दिया है। हाई जंपर से डेकाथलीट बने तेजस्विन शंकर कॉमनवेल्थ गेम्स में दो अलग-अलग इवेंट्स में मेडल जीतने वाले पहले भारतीय एथलीट बन गए हैं। इससे पहले, उन्होंने बर्मिंघम में 2022 एडिशन में पुरुषों की हाई जंप में ब्रॉन्ज मेडल जीता था।

समाचार नामा 1 Aug 2026 2:42 am

सीडब्ल्यूजी 2026: मेंस जैवलिन थ्रो में डबल धमाल, नीरज ने जीता सिल्वर, यशवीर के नाम ब्रॉन्ज

ग्लासगो, 1 अगस्त (आईएएनएस)। कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में शुक्रवार देर रात (भारतीय समय के अनुसार) मेंस जैवलिन थ्रो इवेंट में देश को दो मेडल हाथ लगे। नीरज चोपड़ा ने (85.83 मीटर) ने सिल्वर जीता, जबकि यशवीर सिंह (85.41) ने ब्रॉन्ज मेडल हासिल किया। श्रीलंका के रुमेश थरंगा पथिराज (89.75 मीटर) ने खिताब अपने नाम किया।

समाचार नामा 1 Aug 2026 2:31 am

Who is Harsh Singh: मैट पर बरसों का पसीना रंग लाया, 23 साल के हर्ष ने भारत को दिलाया जूडो का पहला पुरुष स्वर्ण

कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में 23 वर्षीय हर्ष सिंह ने पुरुषों के 60 किग्रा वर्ग में स्वर्ण पदक जीतकर इतिहास रच दिया। वह राष्ट्रमंडल खेलों में जूडो के पुरुष वर्ग में स्वर्ण जीतने वाले पहले भारतीय बने।

अमर उजाला 1 Aug 2026 2:27 am

नीरज चोपड़ा और यश वीर सिंह ने CWG 2026 में जैवलिन में दिखाया कमाल, सिल्वर और ब्रॉन्ज किया अपने नाम

भारत के स्टार जैवलिन थ्रो एथलीट नीरज चोपड़ा का कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में कमाल देखने को मिला है, जिसमें वह सिल्वर मेडल जीतने में कामयाब रहे हैं, जबकि यश वीर सिंह ने कांस्य पदक अपने नाम किया है।

खबर इंडिया टीवी 1 Aug 2026 2:25 am

Tejaswin Shankar: पिता का साया बचपन में छूटा, क्रिकेट का सपना टूटा, फिर भी नहीं हारे तेजस्विन, रच दिया इतिहास

पैर में चोट के कारण वह अपने पसंदीदा हाई जंप में भी नहीं उतर सके, लेकिन 10 कठिन स्पर्धाओं में संघर्ष करते हुए भारत को डेकाथलॉन का पहला राष्ट्रमंडल पदक दिलाकर नई मिसाल कायम कर दी।

अमर उजाला 1 Aug 2026 2:10 am

अरशद नदीम हुए उलटफेर के शिकार: 2024 ओलंपिक और 2022 CWG चैंपियन 3 थ्रो के बाद ही हुआ बाहर, 77.41 मीटर रहा बेस्ट

पाकिस्तान के ओलंपिक 2024 और कॉमनवेल्थ गेम्स 2022 चैंपियन अरशद नदीम ग्लास्गो कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 के भाला फेंक फाइनल में बड़ा उलटफेर झेल गए।

अमर उजाला 1 Aug 2026 1:42 am

CWG 2026: तेजस्विन शंकर ने रचा इतिहास, डेकाथलॉन में पदक जीतने वाले पहले भारतीय; जानिए कैसे तय होता है विजेता

भारत के स्टार एथलीट तेजस्विन शंकर ने कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 के डेकाथलॉन में कांस्य पदक जीतकर इतिहास रच दिया। वह इस स्पर्धा में पदक जीतने वाले पहले भारतीय बन गए।

अमर उजाला 1 Aug 2026 1:33 am

CWG 2026 Day-9 Live: मुक्केबाज साक्षी फाइनल में, भारत का जूडो में दमदार प्रदर्शन; दो स्वर्ण-एक रजत जीता

Glasgow Commonwealth Games Day 9 Live Updates :नमस्कार! अमर उजाला के लाइव ब्लॉग में आपका स्वागत है। ग्लास्गो कॉमनवेल्थ गेम्स का आज नौवां दिन है। आज कई बड़े मुकाबले खेले जाने हैं।

अमर उजाला 1 Aug 2026 12:55 am

राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने स्वर्ण पदक विजेता अस्मिता डे और हर्ष सिंह को दी बधाई

नई दिल्ली, 1 अगस्त (आईएएनएस)। ग्लासगो में खेले जा रहे कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में शुक्रवार के दिन भारत की झोली में जूडो में 2 स्वर्ण पदक आए। अस्मिता डे ने पहला स्वर्ण पदक जीता, जबकि दूसरा स्वर्ण पदक हर्ष सिंह ने जीता। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने अस्मिता डे और हर्ष सिंह को उनकी ऐतिहासिक सफलता पर बधाई दी है।

समाचार नामा 1 Aug 2026 12:08 am

मीराबाई चानू, शर्मिला धनखड़ और दिलीप गवित 'अहमदाबाद एक्सपीरियंस सेंटर' पहुंचे

ग्लासगो, 31 जुलाई (आईएएनएस)। भारतीय दल ग्लासगो में आयोजित कॉमनवेल्थ गेम्स में अच्छा प्रदर्शन कर रहा है। शुक्रवार का दिन भारत के लिए विशेष रहा। जूडो में जहां दो स्वर्ण पदक और एक रजत पदक आया, तो 5 मुक्केबाजों ने फाइनल में जगह बनाकर कम-से-कम 5 रजत पदक पक्के कर दिए हैं। ग्लासगो में गुजरात के उपमुख्यमंत्री हर्ष संघवी भी मौजूद हैं। संघवी एथलीटों का हौसला बढ़ाने के साथ ही अहमदाबाद में होने वाले अगले कॉमनवेल्थ गेम्स के प्रचार-प्रसार में भी लगे हैं।

समाचार नामा 31 Jul 2026 11:56 pm

कॉमनवेल्थ गेम्स 2026: यामिनी ने जूडो में जीता रजत पदक

ग्लासगो, 31 जुलाई (आईएएनएस)। ग्लासगो में चल रहे कॉमनवेल्थ गेम्स में शुक्रवार को जूडो में महिलाओं के 57 किग्रा के फाइनल में यामिनी मौर्य ने रजत पदक जीता। भारत का दिन का जूडो में यह तीसरा पदक था।

समाचार नामा 31 Jul 2026 11:32 pm

अस्मिता और हर्ष के ऐतिहासिक स्वर्ण पदक जीतने पर उपराष्ट्रपति राधाकृष्णन और पीएम मोदी ने दी बधाई

नई दिल्ली, 31 जुलाई (आईएएनएस)। ग्लासगो में खेले जा रहे कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में शुक्रवार के दिन भारत के लिए स्वर्णिम रहा है। भारत की झोली में जूडो में 2 स्वर्ण पदक आए हैं। कॉमनवेल्थ गेम्स के इतिहास में भारत को पहली हार जूडो में स्वर्ण पदक मिला है। अस्मिता डे ने पहला स्वर्ण पदक जीता, जबकि दूसरा स्वर्ण पदक हर्ष सिंह ने जीता।

समाचार नामा 31 Jul 2026 11:01 pm

कॉमनवेल्थ में अस्मिता का इतिहास: भारत को मिला पहला जूडो स्वर्ण

अस्मिता डे ने कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में ऐतिहासिक उपलब्धि हासिल की है। अस्मिता कॉमनवेल्थ खेलों के इतिहास में भारत के लिए जूडो में पहला स्वर्ण पदक जीतने वाली जूडोका बन गई हैं

देशबन्धु 31 Jul 2026 10:29 pm

कॉमनवेल्थ गेम्स 2026: 'पदक मेरा साथ देने वालों के लिए', जूडो में स्वर्ण जीतने के बाद बोलीं अस्मिता डे

ग्लासगो, 31 जुलाई (आईएएनएस)। अस्मिता डे ने कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में ऐतिहासिक उपलब्धि हासिल की है। अस्मिता कॉमनवेल्थ खेलों के इतिहास में भारत के लिए जूडो में पहला स्वर्ण पदक जीतने वाली जूडोका बन गई हैं। शुक्रवार को हुए जूडो के फाइनल मुकाबले में अस्मिता डे ने महिलाओं के 48 किग्रा वर्ग में कनाडा की हेइडी क्वैच को 2-1 हराकर स्वर्ण पदक जीता। डे ने अपने पदक को उन लोगों को समर्पित किया है जो उनके साथ हमेशा खड़े रहे।

समाचार नामा 31 Jul 2026 10:16 pm

कॉमनवेल्थ गेम्स में भारत का गोल्डन डे, ऐसे रचा इतिहास

कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में भारत ने जूडो में ऐतिहासिक प्रदर्शन किया. अस्मिता डे ने पहला स्वर्ण जीता, जबकि 30 मिनट बाद हर्ष सिंह ने दूसरा गोल्ड अपने नाम कर भारत का गौरव बढ़ाया. वीडियो में जानें कैसा रहा कॉमनवेल्थ गेम्स में इन प्लेयर्स का प्रदर्शन और भारत के पास अब तक कितने मेडल्स.

आज तक 31 Jul 2026 10:15 pm

जमशेदपुर FC ने इंडियन सुपर लीग से नाम वापस लिया:वजह नहीं बताई; 2021-22 में पहली बार टाइटल जीता था

इंडियन सुपर लीग (ISL) की पूर्व चैंपियन जमशेदपुर FC ने लीग से हटने का फैसला किया है। क्लब ने सोशल मीडिया पर इसकी पुष्टि की। टाटा ग्रुप के स्वामित्व वाले इस क्लब ने इस फैसले के पीछे की वजह का जिक्र नहीं किया है। टीम 2021-22 सीजन में चैंपियन बनी थी। क्लब के हटने के बाद अब लीग में 13 टीमें बची हैं। फैंस और स्टाफ का जताया आभार क्लब ने अपने ऑफिशियल बयान में फैंस, खिलाड़ियों, कोच और स्टाफ का शुक्रिया अदा किया। उन्होंने कहा कि पिछले एक दशक में जेआरडी टाटा स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स में फैंस ने बेहतरीन समर्थन दिया। इसके साथ क्लब ने सभी कर्मचारियों और एआईएफएफ (AIFF) के सहयोग के लिए भी आभार जताया है। 2021-22 में खिताब जीता था जमशेदपुर एफसी 2017 में शुरु हुआ था। क्लब ने 2021-22 सीजन में शानदार प्रदर्शन करते हुए ISL शील्ड का खिताब अपने नाम किया था। पिछले सीजन में भी टीम सिर्फ 4 अंक से चैंपियन ईस्ट बंगाल से पीछे रही थी। क्लब ने कहा- फुटबॉल के लिए काम करते रहेंगे लीग से हटने के बावजूद क्लब ने कहा है कि वे भारत में फुटबॉल के लिए काम करना जारी रखेंगे। क्लब ने कहा कि वे ग्रासरूट लेवेल पर फुटबॉल को बढ़ावा देने और खिलाड़ियों को तराशने का काम जारी रखेंगे। क्लब ने कहा- उनका टारगेट युवा खिलाड़ियों के लिए ग्रासरूट से लेकर नेशनल और इंटरनेशनल लेवल तक एक मजबूत रास्ता तैयार करना है। ------------------------------ स्पोर्ट्स की ये खबर भी पढ़ें… इटली के दिग्गज फुटबॉलर फ्रेंको बारेसी का निधन:फुटबॉल वर्ल्डकप के तीनों मेडल जीतने वाले इकलौती खिलाड़ी, एसी मिलान को 18 टाइटल जिताए इटली के महान फुटबॉलर फ्रेंको बारेसी का 66 साल की उम्र में निधन हो गया है। वे लंबे समय से बीमार थे। बारेसी ने गुरुवार को मिलान के ह्यूमनिटास डि रोजानो क्लिनिक में अंतिम सांस ली। पूरी खबर पढ़ें…

दैनिक भास्कर 31 Jul 2026 10:14 pm

Commonwealth Games cycling: 4000 मीटर परस्यूट में दिनेश और हर्षवीर बाहर

भारतीय खिलाड़ी दिनेश कुमार और हर्षवीर सिंह सेखों राष्ट्रमंडल खेलों की पुरुषों की 4000 मीटर व्यक्तिगत परस्यूट साइकिलिंग स्पर्धा की तालिका में निचले पायदान पर रहने के बाद अगले दौरे के लिए आगे बढ़ने में नाकाम रहे। ऑस्ट्रेलिया ने क्रिस हॉय वेलोड्रोम में शानदार प्रदर्शन करते हुए इस स्पर्धा में अपना दबदबा कायम रखा। दिनेश ने 23 खिलाड़ियों में 17वां स्थान हासिल किया। उन्होंने चार मिनट 29.267 सेकंड का समय निकाला और उनकी औसत रफ्तार 53.479 किमी प्रति घंटा रही। वह क्वालीफाइंग में शीर्ष पर रहे ऑस्ट्रेलिया के ओलिवर ब्लेडिन से 25 सेकंड से ज्यादा पीछे रहे। ब्लेडिन ने चार मिनट 4.132 सेकंड का समय निकालकर राष्ट्रमंडल खेलों का नया रिकॉर्ड बनाया। हर्षवीर सिंह सेखों 19वें स्थान पर रहे। उन्होंने यह दूरी चार मिनट 35.524 सेकंड में पूरी की, जिसमें उनकी औसत गति 52.264 किमी प्रति घंटा रही। वहीं पुरुषों की कीरिन स्पर्धा में भारतीय साइकिलिस्टों का प्रदर्शन निराशाजनक रहा। इस प्रतियोगिता की शुरुआती हीट में भारतीय खिलाड़ी पीछे रह गए। देश के तीन खिलाड़ियों में डेविड बेकहम का प्रदर्शन सबसे बेहतर रहा। बेकहम ने तीसरी हीट में हिस्सा लिया और पांचवें स्थान पर रहे। वह हीट विजेता ऑस्ट्रेलिया के डेनियल जेम्स बार्बर से 0.780 सेकेंड पीछे रहे। इस हीट से बार्बर और मलेशिया के मोहम्मद अजिजुलहसनी अवांग ने सीधे क्वार्टरफाइनल में जगह बनाई जबकि बेकहम बाहर हो गए। चारों हीट में से प्रत्येक के शीर्ष दो साइकिलिस्ट क्वार्टरफाइनल में पहुंचे। पहली हीट में रोनाल्डो सिंह सातवें और अंतिम स्थान पर रहे। वह विजेता से 0.691 सेकेंड पीछे रहे और क्वार्टरफाइनल की दौड़ में जगह नहीं बना सके। वहीं जेमश सिंह चौथी हीट में पांचवें स्थान पर रहे। छह खिलाड़ियों की इस रेस में वह ऑस्ट्रेलिया के टेट रयान से 1.534 सेकंड पीछे रहे। इससे पहले परस्यूट में ब्लेडिन ने अपने ही देश के कॉनर लीही को बेहद मामूली अंतर से पीछे छोड़ा। ब्लेडिन और लीही के समय में सिर्फ 0.015 सेकंड का अंतर रहा। अब दोनों ऑस्ट्रेलियाई खिलाड़ी स्वर्ण पदक के लिए आमने-सामने होंगे। कांस्य पदक के मुकाबले में आइल ऑफ मैन के मैथ्यू बॉस्टॉक और ऑस्ट्रेलिया के जेम्स मोरियार्टी भिड़ेंगे। बॉस्टॉक ने क्वालीफाइंग में तीसरा और मोरियार्टी ने चौथा स्थान हासिल किया। ऑस्ट्रेलिया ने इस स्पर्धा में कम से कम दो पदक पक्के कर लिए हैं जबकि उसके पास तीनों पदक जीत क्लीन स्वीप करने का भी मौका है।

प्रभासाक्षी 31 Jul 2026 10:12 pm

Commonwealth Games: भारतीय जूडो के लिए ऐतिहासिक दिन, Harsh Singh और Asmita Dey ने जीते दो Gold Medals

भारतीय खेल जगत के लिए राष्ट्रमंडल खेलों से शानदार खबर सामने आई है। जूडो में भारत के खिलाड़ियों ने ऐसा प्रदर्शन किया है, जिसने देश का नाम इतिहास के पन्नों में दर्ज करा दिया है। एक ही दिन में दो स्वर्ण पदक जीतकर भारतीय खिलाड़ियों ने न केवल अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाया, बल्कि जूडो में भारत की नई पहचान भी बनाई है। मौजूद जानकारी के अनुसार, हर्ष सिंह ने पुरुषों के 60 किलोग्राम भार वर्ग के फाइनल में ऑस्ट्रेलिया के ओलंपियन खिलाड़ी जोशुआ काट्ज को हराकर स्वर्ण पदक अपने नाम किया है। इस जीत के साथ वह राष्ट्रमंडल खेलों के इतिहास में स्वर्ण पदक जीतने वाले पहले भारतीय पुरुष जूडो खिलाड़ी बन गए हैं। फाइनल मुकाबले में हर्ष सिंह ने दबाव के बीच शानदार संयम दिखाया और अपने प्रतिद्वंद्वी को मात देकर देश को ऐतिहासिक सफलता दिलाई। बता दें कि हर्ष सिंह की जीत से कुछ ही समय पहले भारत की अस्मिता डे ने भी इतिहास रच दिया था। उन्होंने महिलाओं के 48 किलोग्राम भार वर्ग के फाइनल में कनाडा की हाइडी क्वाच को 2-1 के अंतर से हराकर स्वर्ण पदक जीता है। इस उपलब्धि के साथ अस्मिता डे राष्ट्रमंडल खेलों में स्वर्ण पदक जीतने वाली पहली भारतीय जूडो खिलाड़ी बन गई हैं। इससे पहले भारत का कोई भी पुरुष या महिला जूडो खिलाड़ी इस प्रतियोगिता में स्वर्ण पदक हासिल नहीं कर सका था। गौरतलब है कि हर्ष सिंह की जीत भारत के लिए राष्ट्रमंडल खेलों के जूडो इतिहास का दूसरा स्वर्ण पदक भी बनी है। पहला स्वर्ण पदक अस्मिता डे ने अपने नाम किया था और उसके तुरंत बाद हर्ष सिंह ने भी स्वर्ण जीतकर भारत के लिए ऐतिहासिक दिन बना दिया है। दोनों खिलाड़ियों की सफलता ने भारतीय जूडो को नई पहचान दिलाई है। अस्मिता डे का सफर संघर्ष और मेहनत की मिसाल माना जाता है। वह त्रिपुरा के दक्षिण त्रिपुरा जिले के बेलोनिया की रहने वाली हैं। उनके पिता साइकिल मरम्मत का काम करते हैं और सीमित आर्थिक संसाधनों के बावजूद परिवार ने उनकी खेल यात्रा में पूरा साथ दिया है। शुरुआत में अस्मिता 800 मीटर दौड़ में हिस्सा लेती थीं, लेकिन उनके पहले प्रशिक्षक ने उनकी क्षमता को देखते हुए उन्हें जूडो अपनाने की सलाह दी। इसके बाद वर्ष 2015 में उन्होंने त्रिपुरा खेल विद्यालय में प्रवेश लिया और यहीं से उनके जूडो करियर की शुरुआत हुई है। मौजूद जानकारी के अनुसार, अस्मिता डे पहले भी कई अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में भारत का प्रतिनिधित्व कर चुकी हैं। उन्होंने एशियाई ओपन, जूनियर एशिया कप जूडो चैंपियनशिप और राष्ट्रमंडल जूडो चैंपियनशिप जैसी प्रतियोगिताओं में पदक जीतकर अपनी क्षमता साबित की है। इसी निरंतर प्रदर्शन का परिणाम अब राष्ट्रमंडल खेलों के स्वर्ण पदक के रूप में सामने आया है।

प्रभासाक्षी 31 Jul 2026 10:12 pm

कॉमनवेल्थ गेम्स 2026: हर्ष सिंह ने जूडो में देश को दिलाया दूसरा स्वर्ण पदक

ग्लासगो, 31 जुलाई (आईएएनएस)। कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में भारतीय दल को जूडो में बड़ी सफलता मिली है। अस्मिता डे के जूडो में स्वर्ण पदक जीतने के कुछ ही समय बाद हर्ष सिंह ने भी स्वर्ण पदक जीत लिया। शुक्रवार को पुरुषों के 60 किग्रा जूडो फाइनल में हर्ष सिंह ने ऑस्ट्रेलिया के जोशुआ कैट्ज को हराकर स्वर्ण पदक अपने नाम किया।

समाचार नामा 31 Jul 2026 9:56 pm

Mirabai Chanu को Arjuna Award देने की मांग, प्रतापराव जाधव ने खेल मंत्री को लिखा पत्र

केंद्रीय आयुष मंत्री प्रतापराव जाधव ने केंद्रीय खेल मंत्री मनसुख मांडविया को पत्र लिखकर भारत की स्टार भारोत्तोलक मीराबाई चानू को इस वर्ष प्रतिष्ठित अर्जुन पुरस्कार देने पर विचार करने का आग्रह किया है। जाधव ने अपने पत्र में कहा कि मीराबाई ने भारतीय भारोत्तोलन में शानदार प्रदर्शन किया है और देश का नाम रोशन किया है। उन्होंने कहा कि मणिपुर की इस खिलाड़ी ने राष्ट्रमंडल खेलों में लगातार बेहतरीन प्रदर्शन कर इतिहास रचा है। हालांकि जिन खिलाड़ियों को पहले ही मेजर ध्यानचंद खेल रत्न पुरस्कार जैसे बड़े सम्मान मिल चुके हैं, उन्हें आमतौर पर अर्जुन पुरस्कार नहीं दिया जाता। मीराबाई को वर्ष 2018 में खेल रत्न और पद्मश्री से सम्मानित किया जा चुका है। मीराबाई ने लगातार तीन राष्ट्रमंडल खेलों में स्वर्ण पदक जीते हैं जिनमें ग्लास्गो में चल रहे राष्ट्रमंडल खेल भी शामिल हैं। जाधव ने कहा कि मीराबाई को ओलंपिक पदक जीतने के बाद मेजर ध्यानचंद खेल रत्न पुरस्कार और पद्मश्री सहित देश के कई सर्वोच्च खेल सम्मान भी मिल चुके हैं लेकिन उनका बचपन से अर्जुन पुरस्कार पाने का सपना अभी तक पूरा नहीं हो सका है। उन्होंने खेल मंत्री से आग्रह किया कि उनकी उपलब्धियों, असाधारण प्रतिभा और भारतीय खेलों में योगदान को देखते हुए उन्हें इस सम्मान से नवाजा जाए।

प्रभासाक्षी 31 Jul 2026 9:54 pm

Asmita Dey ने राष्ट्रमंडल खेलों की Judo स्पर्धा में भारत के लिए स्वर्ण पदक जीता

भारत की अस्मिता डे राष्ट्रमंडल खेलों की जूडो स्पर्धा में स्वर्ण पदक जीतने वाली पहली भारतीय बन गई जिन्होंने 48 किलो वर्ग में कनाडा की हेडी क्वाच को नाटकीय ‘गोल्डन स्कोर’ मुकाबले में हराकर खिताब जीता। आकलैंड में 1990 में हुए राष्ट्रमंडल खेलों में पहली बार जूडो को शामिल किया गया था। इसके बाद से भारतीय जूडो खिलाड़ियों ने हर बार पदक जीता है लेकिन पीला तमगा हासिल नहीं कर सके। त्रिपुरा की 23 वर्ष की अस्मिता शुरूआत में पिछड़ गई थी और उन्हें पेनल्टी भी लगी। उन्होंने हालांकि शानदार वापसी करते हुए स्कोर 1 . 1 से हराकर किया। चार मिनट के मुकाबले में दोनों में से किसी को निर्णायक स्कोर नहीं मिल सका जिससे मुकाबला गोल्डन स्कोर में गया। इसमें पहले स्कोर करने वाले को विजेता घोषित किया जाता है। अस्मिता ने सडन डैथ में आक्रामक प्रदर्शन करके जीत दर्ज की।

प्रभासाक्षी 31 Jul 2026 9:52 pm

हर्ष सिंह कॉमनवेल्थ गेम्स में जूडो में गोल्ड जीतने वाले पहले भारतीय पुरुष बने, फाइनल में ऑस्ट्रेलिया को 10-0 से रौंदा

अस्मिता डे और हर्ष सिंह से पहले कॉमनवेल्थ गेम्स के इतिहास में किसी भी भारतीय जूडो खिलाड़ी ने स्वर्ण पदक नहीं जीता था। हर्ष इस प्रतियोगिता में स्वर्ण पदक जीतने वाले भारत के पहले पुरुष जूडोका बन गए हैं।

खबर इंडिया टीवी 31 Jul 2026 9:39 pm

जूडो में भारत का गोल्डन डे, महज 30 मिनट में अस्मिता और हर्ष सिंह ने जीता सोना

कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में भारत ने जूडो में ऐतिहासिक प्रदर्शन किया. अस्मिता डे ने महिलाओं के 48 किलोग्राम वर्ग में भारत का पहला स्वर्ण पदक जीतकर 36 साल का इंतजार खत्म किया. इसके महज 30 मिनट बाद हर्ष सिंह ने पुरुष 60 किलोग्राम वर्ग में स्वर्ण जीतकर इतिहास रच दिया. वहीं यामिनी मौर्य का कम से कम रजत पदक पक्का हो गया है.

आज तक 31 Jul 2026 9:36 pm

Commonwealth Games: अरुंधति चौधरी ने मौजूदा चैंपियन को हराया, 4 भारतीय मुक्केबाज फाइनल में

अरुंधति चौधरी ने 70 किग्रा वर्ग में मौजूदा चैंपियन वेल्स की रोजी एक्लेस को हराकर बड़ा उलटफेर किया जबकि विश्व चैंपियन जैस्मीन लांबोरिया (57 किग्रा), प्रीति पवार (54 किग्रा) और अंकुश पंघाल (80 किग्रा) ने भी अपने-अपने सेमीफाइनल मुकाबले जीतकर फाइनल में जगह बना कर राष्ट्रमंडल खेलों की मुक्केबाजी स्पर्धा में भारत का दबदबा कायम किया। अरुंधति ने एक संघर्षपूर्ण और रोमांचक मुकाबले में रोजी एक्लेस को 4-0 के फैसले से हराया। भारतीय मुक्केबाज ने शुरुआती दो राउंड में अपने शानदार प्रदर्शन को बरकरार रखा और इसी दौरान रोजी को ‘स्टैंडिंग काउंट’ का सामना भी करना पड़ा। अरुंधति ने पूरे मुकाबले में संयम बनाए रखा और प्रभावी पंच के दम पर गत चैंपियन पर बढ़त कायम रखी। वहीं, रोजी वापसी की कोशिश करती रहीं, लेकिन भारतीय मुक्केबाज की मजबूत रणनीति के सामने वह सफल नहीं हो सकीं। जैस्मीन सेमीफाइनल में एकतरफा प्रदर्शन करते हुए आरएससी (रेफरी द्वारा मुकाबला रोकना) से जीत दर्ज की। लेसोथो की रापेलांग मासेलेला की उनकी प्रतिद्वंद्वी को दूसरे राउंड के अंतिम क्षणों में तीसरी बार स्टैंडिंग काउंट मिलने के बाद रेफरी ने मुकाबला रोक दिया। जैस्मीन ने शुरुआत से ही आक्रामक रुख अपनाया और अपनी तेज पंच की बौछार कर से प्रतिद्वंद्वी मुक्केबाज पर दबाव बनाए रखा। इस बीच, भिवानी की एशियाई खेलों की कांस्य पदक विजेता 22 वर्षीय प्रीति ने मुकाबले के दौरान शुरू से अंत तक दबदबा बनाए रखा। उन्होंने बांयी ओर से सटीक पंच और प्रभावी जवाबी हमले के दम पर म्वापे को लगातार दबाव में रखा। फाइनल में प्रीति के सामने स्कारलेट डेलगाडो की चुनौती होगी। कनाडा की इस मुक्केबाज ने एक अन्य सेमीफाइनल में इंग्लैंड की लॉरेन मैकी को 4-1 से हराया। प्रीति ने जीत के बाद पीटीआई से कहा, मैं बहुत खुश हूं कि जिस तरह की तैयारी की थी, उसे रिंग में उतारने में सफल रही। अब मेरा पूरा ध्यान स्वर्ण पदक जीतने पर है और मैं अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करूंगी।’’उन्होंने कहा, ‘‘ मैं किसी भी प्रतिद्वंद्वी को हल्के में नहीं लेती। अपने कोच के साथ हर मुकाबले की पूरी तैयारी करती हूं और खुशी है कि उन योजनाओं को अमल में ला पा रही हूं।’’म्वापे पूरे मुकाबले में प्रभावी पंच लगाने के लिए जूझती रहीं, जबकि प्रीति के संयोजित पंच का उनके पास कोई जवाब नहीं था। पहले दो राउंड में जाम्बिया की मुक्केबाज को तीन बार ‘एट काउंट’ का सामना करना पड़ा, जो भारतीय मुक्केबाज के एकतरफा वर्चस्व का प्रमाण रहा। दूसरे राउंड में प्रीति के प्रदर्शन से प्रभावित सभी पांच निर्णायकों ने उन्हें 10-8 का स्कोर दिया। अंतिम राउंड में म्वापे मुकाबले में वापसी की कोशिश करने के बजाय प्रीति के आक्रामक हमलों से बचती नजर आईं। दूसरी ओर, अंकुश ने भी 80 किग्रा वर्ग के सेमीफाइनल में कनाडा के जोशुआ ओफोरी को 5-0 से हराकर फाइनल का टिकट कटाया। शुरुआती दो राउंड में भारतीय मुक्केबाज के शानदार प्रदर्शन के सामने ओफोरी बार-बार ‘क्लिंचिंग’ (प्रतिद्वंद्वी मुक्केबाज को जकड़ कर मुकाबले की गति प्रभावित करने की कोशिश) का सहारा लेने को मजबूर हुए। दूसरे राउंड की शुरुआत में ओफोरी ने आक्रामक रुख अपनाने की कोशिश की, लेकिन अंकुश ने संयम बनाए रखते हुए दबाव को आसानी से झेला और सटीक पंचों के संयोजन से जवाब देते हुए एकतरफा 5-0 की जीत दर्ज की।

प्रभासाक्षी 31 Jul 2026 9:36 pm

एमएस धोनी के साथ ट्रेनिंग करते दिखे ऋषभ पंत, शाहबाज नदीम ने शेयर की तस्वीर

ऋषभ पंत ने श्रीलंका के खिलाफ आगामी टेस्ट सीरीज के लिए तैयारी शुरू कर दी है। उनकी एमएस धोनी के साथ एक तस्वीर सामने आई है। जिसको शाहबाद नदीम ने पोस्ट किया है।

लाइव हिन्दुस्तान 31 Jul 2026 9:35 pm

कॉमनवेल्थ में भारत की पंच: पाँच बॉक्सर फाइनल में, रजत पक्का

ग्लासगो में आयोजित हो रहे कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में शुक्रवार का दिन भारत के लिए बेहतरीन रहा है। भारत के लिए मुक्केबाजी से बहुत ही अच्छी खबर आई है। 5 मुक्केबाज अपने-अपने वर्ग के फाइनल पहुंचे हैं और अपने लिए कम से कम रजत पदक पक्का कर लिया है।

देशबन्धु 31 Jul 2026 9:32 pm

कॉमनवेल्थ गेम्स 2026: अस्मिता डे ने जूडो में जीता ऐतिहासिक स्वर्ण, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने दी बधाई

ग्लासगो, 31 जुलाई (आईएएनएस)। कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में भारत को एक और स्वर्ण पदक मिल गया है। अस्मिता डे शुक्रवार को जूडो में देश को स्वर्ण पदक दिलाया। शुक्रवार को महिलाओं की 48 किग्रा वर्ग के फाइनल में अस्मिता डे ने कनाडा की हेइडी क्वैच को हराकर स्वर्ण पदक जीता। अस्मिता का यह स्वर्ण पदक ऐतिहासिक है। कॉमनवेल्थ गेम्स के इतिहास में जूडो में यह देश का पहला स्वर्ण पदक है।

समाचार नामा 31 Jul 2026 9:30 pm

Manush Shah और Harmeet Desai राष्ट्रमंडल टेबल टेनिस प्री-क्वार्टरफाइनल में पहुंचे

शीर्ष वरीयता प्राप्त मानुष शाह और खिताब के दावेदार हरमीत देसाई की अगुवाई में भारतीय खिलाड़ियों ने शुक्रवार को यहां राष्ट्रमंडल टेबल टेनिस चैंपियनशिप के व्यक्तिगत मुकाबलों में शानदार प्रदर्शन किया। पुरुष और महिला एकल वर्ग में अधिकांश भारतीय खिलाड़ी प्री-क्वार्टरफाइनल में पहुंच गए। राउंड 32 में उतरे 14 भारतीय खिलाड़ियों में से 11 ने अगले दौर में जगह बनाई। मानुष शाह ने ऑस्ट्रेलिया के चुलोंग नी को 8-11, 11-9, 11-7, 11-7, 11-4 से हराया। हरमीत ने भी पहला गेम हारने के बाद वापसी करते हुए ऑस्ट्रेलिया के शुकी लिन को 9-11, 11-8, 11-9, 11-6, 11-4 से हराया। मानव ठक्कर ने मालदीव के अख्यार अहमद खालिद को सीधे गेमों में हराकर आसान जीत दर्ज की। वहीं सानिल शेट्टी, जस मोदी, पायस जैन और आकाश पाल ने भी शानदार प्रदर्शन करते हुए अंतिम 16 में जगह बनाई। भारतीय खिलाड़ियों के बीच हुए मुकाबलों में एच जेहोब ने हमवतन मुदित दानी को सीधे गेम में जबकि अंकुर भट्टाचार्जी ने एक गेम से पिछड़ने के बाद दिव्यांश श्रीवास्तव को मात दी। एसएफआर स्नेहित ने पहला गेम गंवाने के बाद रीगन अल्बुकर्क को छह गेमों में हराया। रोनित भांजा ने सिंगापुर के एल्सवर्थ ली के खिलाफ रोमांचक मुकाबले में पांचवां गेम 15-13 से जीतकर सफलता हासिल की। महिला एकल में राष्ट्रमंडल खेलों की पदक विजेता श्रीजा अकुला को ऑस्ट्रेलिया की जियामुवा वू ने सात गेम तक कड़ी टक्कर दी, लेकिन भारतीय खिलाड़ी ने मुकाबला 6-11, 12-10, 11-8, 11-4, 7-11, 10-12, 11-2 से जीत लिया। इसके अलावा स्वस्तिका घोष, अनुषा कुटुम्बले, सिंड्रेला दास, तनीषा कोटेचा, नित्या श्री मणि, सायली वानी, सुतीर्था मुखर्जी, दिव्यांशी भौमिक और यशस्विनी घोरपड़े ने भी शानदार जीत दर्ज कर अगले दौर में जगह बनाई।

प्रभासाक्षी 31 Jul 2026 9:22 pm

अस्मिता डे ने कॉमनवेल्थ गेम्स में रचा इतिहास, जुडो में गोल्ड मेडल जीतने वाली बनीं पहली भारतीय

भारत की जूडो खिलाड़ी अस्मिता डे ने शानदार खेल दिखाते हुए महिलाओं के 48 किलोग्राम वर्ग में गोल्ड मेडल जीत लिया है। अस्मिता की यह जीत बहुत खास है, क्योंकि उनसे पहले भारत का कोई भी जूडो खिलाड़ी कॉमनवेल्थ गेम्स में गोल्ड मेडल नहीं जीत पाया था।

खबर इंडिया टीवी 31 Jul 2026 9:05 pm

कॉमनवेल्थ गेम्स 2026: जदुमणि सिंह, अरुंधति चौधरी, जैस्मिन लंबोरिया बॉक्सिंग के फाइनल में

ग्लासगो, 31 जुलाई (आईएएनएस)। ग्लासगो में आयोजित हो रहे कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में शुक्रवार का दिन भारत के लिए बेहतरीन रहा है। भारत के लिए मुक्केबाजी से बहुत ही अच्छी खबर आई है। 5 मुक्केबाज अपने-अपने वर्ग के फाइनल पहुंचे हैं और अपने लिए कम से कम रजत पदक पक्का कर लिया है।

समाचार नामा 31 Jul 2026 9:04 pm

2027 वनडे वर्ल्ड कप में RO-KO समेत इन 6 खिलाड़ियों की जगह पक्की, जाने कैसी होगी संभावित टीम इंडिया

2027 वनडे वर्ल्ड कप में RO-KO समेत इन 6 खिलाड़ियों की जगह पक्की, जाने कैसी होगी संभावित टीम इंडिया

समाचार नामा 31 Jul 2026 8:35 pm

कॉमनेल्थ गेम्स में स्वर्ण जीतेंगे जूडो और मुक्केबाजी फाइनल में पहुंचे एथलीट: हर्ष संघवी

ग्लासगो, 31 जुलाई (आईएएनएस)। गुजरात के उपमुख्यमंत्री हर्ष संघवी कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में हिस्सा लेने गए भारतीय एथलीटों का हौसला बढ़ाने के लिए ग्लासगो में उपस्थित हैं। संघवी ने कहा है कि जूडो और मुक्केबाजी के फाइनल में जगह बनाने वाले एथलीट देश के लिए स्वर्ण पदक जीतेंगे।

समाचार नामा 31 Jul 2026 8:30 pm

इमेशा दुलानी का शानदार शतक, पाकिस्तान को दी करारी शिकस्त, T20I में सेंचुरी लगाने वाली बनीं दूसरी श्रीलंकाई खिलाड़ी

श्रीलंका महिला टीम ने पहले टी-20 मैच में पाकिस्तान महिला टीम को 6 विकेट से हरा दिया। इस मैच में इमेशा दुलानी ने शानदार शतक जड़ा, जिसके साथ ही वह टी-20 इंटरनेशनल मैचों में शतक बनाने वाली श्रीलंका की दूसरी महिला क्रिकेटर बनीं।

खबर इंडिया टीवी 31 Jul 2026 8:22 pm

Commonwealth Games जूडो: अस्मिता, हर्ष और यामिनी ने फाइनल में पहुंचकर पदक पक्के किए

(तस्वीरों के साथ)ग्लास्गो, 31 जुलाई भारतीय जूडो खिलाड़ियों ने शुक्रवार को यहां जारी राष्ट्रमंडल खेलों में शानदार प्रदर्शन करते हुए देश के लिए कम से कम तीन रजत पदक सुनिश्चित कर दिए। अस्मिता डे, हर्ष सिंह और यामिनी मौर्य ने अपने-अपने वर्ग के फाइनल में जगह बनाकर ये पदक पक्के किये। महिला 48 किग्रा वर्ग में युवा खिलाड़ी अस्मिता डे ने बेहद रोमांचक मुकाबले में स्कॉटलैंड की समर शॉ को ‘युको’ के आधार पर हराकर फाइनल में प्रवेश किया। एक समय हार की कगार पर पहुंच चुकीं अस्मिता ने शानदार वापसी करते हुए जीत दर्ज की। स्वर्ण पदक के मुकाबले में उनका सामना कनाडा की हेइडी क्वाच से होगा। इससे पहले अस्मिता ने स्कॉटलैंड की ईवा इविंग को ‘इप्पोन’ से हराकर अंतिम चार में जगह बनाई थी। जूडो में ‘इप्पोन’ को सर्वोच्च स्कोर माना जाता है जिसके मिलते ही मुकाबला समाप्त हो जाता है। ‘युको’ अपेक्षाकृत कम अंक वाला स्कोर है। पुरुष 60 किग्रा वर्ग में हर्ष सिंह ने ऑस्ट्रेलिया के पेड्रो कार्लोस एंटुन नेटो को ‘वाजा-आरी’ के आधार पर हराकर फाइनल में प्रवेश किया। इससे पहले हर्ष ने क्वार्टर फाइनल तक पहुंचने के सफर में मलावी के चिकोंडी काथेवेरा को ‘इप्पोन’ से मात दी और फिर वानुआतु के एलन मोंथुएल को हराकर सेमीफाइनल में जगह बनाई। फाइनल में हर्ष का मुकाबला ऑस्ट्रेलिया के जोशुआ काट्ज से होगा। जूडो में ‘वाजा-आरी’ दूसरा सबसे बड़ा स्कोर होता है, जो खिलाड़ी को मुकाबले में महत्वपूर्ण बढ़त दिलाता है। महिला वर्ग में यामिनी मौर्य ने भी दमदार प्रदर्शन करते हुए दक्षिण अफ्रीका की डोने ब्रेटेनबाख को ‘इप्पोन’ से हराकर खिताबी मुकाबले में जगह बनाई। फाइनल में उनका सामना इंग्लैंड की असेल्या टोपराक से होगा। इससे पहले यामिनी ने घाना की फ्रेमा अग्येई को हराकर सेमीफाइनल में प्रवेश किया था। महिला 52 किग्रा वर्ग में श्रद्धा कदुबाल चोपड़े पदक की दौड़ से बाहर हो गईं। रेपेचेज मुकाबले में उन्हें वेल्स की लोला हॉडसन ने युको से हराया। श्रद्धा ने इससे पहले सिएरा लियोन की जेन मासाक्वॉई को इप्पोन से पराजित किया था, लेकिन ऑस्ट्रेलिया की टिंका ईस्टन के खिलाफ उन्हें हार मिली। पुरुष 66 किग्रा वर्ग में रोहित बसीर मजगुल का सफर भी रेपेचेज में समाप्त हो गया। उन्हें इंग्लैंड के माइकल फ्रायर ने ‘युको’ के आधार पर हराया। इससे पहले रोहित ने मोजाम्बिक के सैमुअल रिबेरो को मात दी थी, लेकिन क्वार्टर फाइनल में साइप्रस के पेट्रोस क्रिस्टोडुलिडेस से हार गए थे।

प्रभासाक्षी 31 Jul 2026 8:02 pm

कॉमनवेल्थ गेम्स: अस्मिता, हर्ष और यामिनी जूडो फाइनल में पहुंचे, तीन रजत पदक पक्के

ग्लासगो, 31 जुलाई (आईएएनएस)। ग्लासगो में आयोजित हो रहे कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 से भारत के लिए अच्छी खबर आई है। जूडो में भारत के तीन एथलीटों ने अपने-अपने भार वर्ग में फाइनल में जगह बनाकर देश के लिए कम से कम तीन रजत पदक पक्के कर दिए हैं।

समाचार नामा 31 Jul 2026 7:58 pm

Gujarat के उपमुख्यमंत्री Harsh Sanghavi ने Glasgow में योग सत्र में लिया हिस्सा

गुजरात के उपमुख्यमंत्री हर्ष सांघवी 2030 में अहमदाबाद में होने वाले राष्ट्रमंडल खेलों के आयोजन की बारीकियां सीखने के लिए ग्लास्गो गए भारतीय प्रतिनिधिमंडल का हिस्सा हैं और उन्होंने शुक्रवार को वहां आयोजित एक योग सत्र में हिस्सा लिया। सांघवी ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर लिखा, ‘‘ग्लास्गो में दिन की शुरुआत भारतीय-स्कॉटिश योगियों के साथ की। यह ताजगी और ऊर्जा देने वाला योग सत्र था जिसने दिखाया कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के दूरदर्शी नेतृत्व में योग किस तरह एक वैश्विक आंदोलन बन गया है। यह स्वास्थ्य, सद्भाव और वसुधैव कुटुंबकम की भावना के साथ दिन की एक शानदार शुरुआत थी। ’’सांघवी गुजरात का खेल विभाग भी संभालते हैं, उन्होंने बृहस्पतिवार को 2030 राष्ट्रमंडल खेलों से पहले ‘अमदावाद एक्सपीरियंस सेंटर’ का उद्घाटन किया जिसमें पीटी उषा और स्कॉटिश अधिकारी मौजूद थे। उन्होंने लिखा, ‘‘2026 राष्ट्रमंडल खेलों के आयोजन स्थल ग्लास्गो में ‘अमदावाद एक्सपीरियंस सेंटर’ का उद्घाटन किया गया जो अहमदाबाद की जीवंत भावना को प्रदर्शित करता है। अहमदाबाद 2030 राष्ट्रमंडल खेलों की मेजबानी गर्व के साथ करेगा। ’’साघवी ने ग्लास्गो राष्ट्रमंडल खेलों में भारतीय खिलाड़ियों के प्रदर्शन के लिए उन्हें बधाई भी दी।

प्रभासाक्षी 31 Jul 2026 7:57 pm

कॉमनवेल्थ गेम्स 2026: 'प्रतियोगिता से पहले परिणाम पर नहीं सोचता', ट्रिपल जंप फाइनल से पहले बोले प्रवीण चित्रवेल

नई दिल्ली, 31 जुलाई (आईएएनएस)। भारत के नेशनल रिकॉर्ड होल्डर प्रवीण चित्रवेल का कहना है कि वह अपनी जंप के हर फेज को अच्छे से करने पर फोकस कर रहे हैं और नतीजे के बारे में सोचने के बजाय अपनी तैयारी पर भरोसा कर रहे हैं। 25 साल के चित्रवेल ग्लासगो कॉमनवेल्थ गेम्स में पुरुषों की ट्रिपल जंप फाइनल के लिए तैयारी कर रहे हैं।

समाचार नामा 31 Jul 2026 7:18 pm

रूट को टेस्ट कप्तानी सौंपने पर भड़के इंग्लैंड के पूर्व क्रिकेटर

इंग्लैंड के पूर्व क्रिकेटर मार्क बुचर ने जो रूट की टेस्ट कप्तानी में वापसी पर नाराजगी जताई है. बुचर का मानना है कि यह फैसला इंग्लैंड के 'बैजबॉल' युग में हुए बदलावों को पीछे ले जाएगा और रूट को दोबारा कप्तान बनाना सही कदम नहीं है.

आज तक 31 Jul 2026 7:00 pm

कॉमनवेल्थ गेम्स 2026: बॉक्सर अंकुश पंघाल फाइनल में, कनाडा के जोशुआ ओफोरी को 5-0 से हराया

ग्लासगो, 31 जुलाई (आईएएनएस)। भारत के अंकुश पंघाल ने शुक्रवार को ग्लासगो में चल रहे कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में पुरुष बॉक्सिंग के 80 किग्रा वर्ग के सेमीफाइनल में कनाडा के जोशुआ ओफोरी को 5-0 से हराकर फाइनल में जगह बना ली। अंकुश की जीत के साथ ही भारत के लिए कम से कम एक रजत पदक और पक्का हो गया है।

समाचार नामा 31 Jul 2026 6:52 pm

Seema Kaliraman ने मातृत्व और गठिया से लड़कर Glasgow में जीता कांस्य पदक

... अपराजिता उपाध्याय ...ग्लास्गो, 31 जुलाई किसी खिलाड़ी के लिए मातृत्व के बाद खेल में वापसी को सबसे कठिन चुनौतियों में गिना जाता है लेकिन भारतीय चक्का फेंक और राष्ट्रमंडल खेलों की कांस्य पदक विजेता सीमा कालीरमण के लिए असली संघर्ष मां बनने के बाद शुरू हुआ। साल 2022 में बेटे रुद्र के जन्म के कुछ ही सप्ताह बाद सीमा गठिया (आर्थराइटिस) की गंभीर बीमारी की चपेट में आ गईं। इस सूजन संबंधी रोग ने उनके उन जोड़ों को प्रभावित किया, जिन पर चक्का फेंक खिलाड़ी की पूरी निर्भरता रहती है। हालत ऐसी हो गई कि रोजमर्रा की वस्तुएं उठाना भी मुश्किल था, एक किलोग्राम वजनी डिस्क फेंकना तो दूर की बात थी। उन्होंने हालांकि चार साल बाद शानदार वापसी करते हुए राष्ट्रमंडल खेलों में कांस्य पदक हासिल कर अपनी दृढ़ इच्छाशक्ति का परिचय दिया। इस 27 साल की खिलाड़ी ने पीटीआई से कहा, ‘‘ गर्भावस्था के बाद मुझे गठिया हो गया था, जिससे कई तरह की परेशानियां सामने आईं।”उनकी वापसी का सफर आसान नहीं था। उनके पति रविंदर कालीरमण इस कठिन दौर में उनके कोच भी बने। रविंदर खुद राष्ट्रीय चैंपियन रहे हैं और चोटों के कारण उनका करियर समय से पहले समाप्त हो गया था। रविंदर ने कहा, ‘‘हमें इस बीमारी के बारे में कोई जानकारी नहीं थी। हमने काफी शोध किया और आयुर्वेद का भी सहारा लिया, क्योंकि इसका स्थायी इलाज नहीं है, केवल इसे नियंत्रित किया जा सकता है।’’बीमारी से उबरने के लिए सीमा और उनके साथ रविंदर ने भी जीवनशैली और खानपान में बड़े बदलाव किए। रविंदर ने बताया, “उन्हें इमली और नींबू जैसी खट्टी चीजों से परहेज करना पड़ा। आहार में ऐसी चीजें शामिल की गईं जो उनके लिए लाभकारी थीं। उनके सभी जोड़ों में दर्द रहता था। वह कोई सामान तक नहीं उठा पाती थीं, लेकिन धीरे-धीरे उन्होंने फिर से अभ्यास शुरू किया।’’यह प्रगति मीटरों में नहीं, बल्कि छोटे-छोटे कदमों में दर्ज हुई। मातृत्व से पहले सीमा का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन 48.08 मीटर था। उन्होंने 2024 में प्रतिस्पर्धी खेलों में वापसी की और इस वर्ष ‘इंडियन चैंपियनशिप’ में 59.73 मीटर का व्यक्तिगत सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन किया। ग्लास्गो में 58.65 मीटर का थ्रो कर कांस्य पदक अपने नाम किया। शारीरिक मजबूती पर काम करने के साथ-साथ सीमा ने भिवानी स्थित चौधरी बंसीलाल विश्वविद्यालय से शारीरिक शिक्षा में पीएचडी भी जारी रखी। उन्होंने कहा, “मेरा शोध भी ‘कल्पना और अभिव्यक्ति’ पर आधारित है। सकारात्मक और नकारात्मक सोच खिलाड़ी के प्रदर्शन को किस तरह प्रभावित करती है, यही इसका विषय है।”मातृत्व ने उनके जीवन को खेल के बाहर भी पूरी तरह बदल दिया। सीमा ने कहा, “मेरा बेटा अब बड़ा हो रहा है। वह हमारे साथ रहना चाहता है। यह काफी कठिन होता है।”स्कॉटलैंड रवाना होने से पहले बेटे रुद्र ने उनसे सिर्फ एक ही फरमाइश की थी। सीमा मुस्कुराते हुए बताती हैं, “उसने कहा था, ‘मम्मी, मेरे लिए एक पदक लेकर आना।’ उसके लिए वही सबसे बड़ा खिलौना है।”पूर्व बास्केटबॉल खिलाड़ी और भाला फेंक एथलीट रहे तथा भारतीय सेना में सेवाएं दे चुके पिता की बेटी सीमा ने खेल, शोध और मातृत्व की जिम्मेदारियों को एक साथ निभा रही हैं। इसके बावजूद उनके पास आज भी कोई सरकारी नौकरी नहीं है। सीमा ने कहा, “मेरे पास कोई नौकरी नहीं है।

प्रभासाक्षी 31 Jul 2026 6:43 pm

भारत दौरे को लेकर BCB की बढ़ी बेचैनी, तमीम पहुंचे सरकार के पास

भारत के बांग्लादेश दौरे पर अनिश्चितता के बीच BCB अध्यक्ष तमीम इकबाल ने सरकार से हस्तक्षेप की अपील की है. उन्होंने भारत के सितंबर दौरे को सुनिश्चित कराने के लिए सरकारी स्तर पर बातचीत तेज करने का अनुरोध किया है.

आज तक 31 Jul 2026 6:34 pm

केंद्रीय मंत्री प्रतापराव जाधव ने खेल मंत्री को लिखा पत्र, मीराबाई चानू के लिए अर्जुन अवॉर्ड की सिफारिश की

नई दिल्ली, 31 जुलाई (आईएएनएस)। केंद्रीय आयुष राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) और स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण राज्य मंत्री प्रतापराव गणपतराव जाधव ने केंद्रीय युवा मामले और खेल मंत्री डॉ. मनसुख मंडाविया को पत्र लिखकर कहा है कि इस वर्ष के अर्जुन पुरस्कार के लिए ग्लासगो कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में वेटलिफ्टिंग में स्वर्ण पदक जीतने वाली वेटलिफ्टर मीराबाई चानू के नाम पर विचार किया जाए।

समाचार नामा 31 Jul 2026 6:30 pm

भारत के बांग्लादेश दौरे पर सस्पेंस बरकरार:BCB चीफ तमीम इकबाल ने सरकार से मदद मांगी; कहा- विदेश मंत्रालय भारत से बातचीत करे

भारत और बांग्लादेश के बीच सितंबर में होने वाली सीरीज पर सस्पेंस बरकरार है। बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड के प्रेसिडेंट तमीम इकबाल ने अब सरकार से गुहार लगाई है कि वह भारत से बात करे। तमीम विदेश मंत्रालय गए और दौरे के लिए सुरक्षा की गारंटी मांगी। भारत को बांग्लादेश दौरे पर तीन वनडे और 3 टी-20 मैच खेलने हैं। हालांकि BCCI की ओर से सीरीज पर कन्फर्मेशन आना बाकी है। पूरा मामला 3 प्वॉइंट्स में समझे: तमीम बोले- कुछ चीजें हमारे हाथ में नहीं तमीम ने अपने बयान में कहा- ‘हम इस सीरीज को लेकर बहुत उम्मीद में हैं। लेकिन कुछ चीजें मेरे हाथ में नहीं हैं। यह दो देशों की सरकारों के बीच का मामला है और वही इसे तय कर सकती हैं।’ शेड्यूल अब तक जारी नहीं बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड फिलहाल भारत के जवाब का इंतजार कर रहा है। मैच का ब्रॉडकास्ट (टीवी पर दिखाना) और बाकी कानूनी काम रोक दिए गए हैं। जैसे ही भारत सरकार और BCCI की तरफ से सीरीज को मंजूरी मिलती है। तब मैच की तारीखों का ऑफिशियल ऐलान किया जा सकता है। ---------------------------------------------- स्पोर्ट्स की यह खबर भी पढ़ें… 2027 वनडे वर्ल्डकप के 12 होस्ट शहरों का ऐलान:साउथ अफ्रीका में 8 वेन्यू, जिम्बाब्वे-नामीबिया भी मेजबान; 24 साल बाद अफ्रीका में वर्ल्डकप ICC ने 2027 वनडे वर्ल्ड कप के लिए 12 मेजबान शहरों का ऐलान कर दिया है। टूर्नामेंट 4 अक्टूबर से 21 नवंबर तक साउथ अफ्रीका, जिम्बाब्वे और नामीबिया में खेला जाएगा। पूरी खबर पढ़ें…

दैनिक भास्कर 31 Jul 2026 6:20 pm

कैबिनेट ने खेलो इंडिया स्कीम को नया रूप देने और नेशनल स्पोर्ट्स फेडरेशन को ज्यादा मदद की मंजूरी दी

नई दिल्ली, 31 जुलाई (आईएएनएस)। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में केंद्रीय कैबिनेट ने 2026-27 से 2030-31 की अवधि के लिए 36,441 करोड़ रुपये के कुल खर्च के साथ खेलो इंडिया स्कीम को बढ़ाने और नेशनल स्पोर्ट्स फेडरेशन (एएनएसएफ) को ज्यादा मदद देने को मंजूरी दी है। इससे युवाओं के विकास और देश बनाने के लिए खेलों की ताकत का इस्तेमाल करने के सरकार के वादे को फिर से सुनिश्चित किया गया है।

समाचार नामा 31 Jul 2026 6:09 pm

Taipei Open Semi-Finals: Unnati Hooda और Tanvi Sharma की धमाकेदार जीत, भारत की खिताबी उम्मीदें बरकरार

भारतीय बैडमिंटन खिलाड़ी उन्नति हुड्डा और तन्वी शर्मा ने शुक्रवार को ताइपे ओपन के अपने महिला एकल क्वार्टर फाइनल में जीत दर्ज करते हुए सेमीफाइनल में प्रवेश किया। किरण जॉर्ज हालांकि पुरुष एकल क्वार्टरफाइनल में जापान के चौथे वरीय युडाई ओकिमोटो से 33 मिनट में 12-21 10-21 से हार गए। उन्नति ने हमवतन देविका सिहाग को 23-21, 21-16 से हराकर अंतिम चार में प्रवेश कर लिया। वहीं तन्वी ने थाईलैंड की सुपानिडा काटेथोंग को 54 मिनट तक चले क्वार्टरफाइनल में 21-15 18-21 21-14 से शिकस्त दी। दिन में दो भारतीय खिलाड़ियों के बीच हुए मुकाबले का पहला गेम बेहद रोमांचक रहा जहां उन्नति ने धैर्य का परिचय देते हुए 23-21 से जीत दर्ज की। उन्नति ने शानदार शुरुआत करते हुए 11-3 की बढ़त बना ली, लेकिन देविका ने जोरदार वापसी करते हुए स्कोर 21-21 से बराबर कर दिया। उन्नति ने निर्णायक क्षणों में संयम बनाए रखते हुए लगातार दो अंक जीतकर पहला गेम 23-21 से अपने नाम कर लिया। तीसरी वरीयता प्राप्त 18 वर्षीय उन्नति ने दूसरे गेम में भी अपना दबदबा कायम रखा और आठवीं वरीय देविका को 21-16 से शिकस्त देकर 42 मिनट में मुकाबला जीत लिया।सेमीफाइनल में उन्नति का सामना चीनी ताइपे की चियू पिन-चियान और वियतनाम की गुयेन थुई लिन्ह के बीच होने वाले क्वार्टर फाइनल के विजेता से होगा।

प्रभासाक्षी 31 Jul 2026 5:56 pm

Preeti Pawar और Ankush Panghal राष्ट्रमंडल मुक्केबाजी के फाइनल में पहुंचे

भारतीय मुक्केबाज प्रीति पवार (54 किग्रा) और अंकुश पंघाल (80 किग्रा) ने शुक्रवार को अपने-अपने सेमीफाइनल मुकाबले एकतरफा अंदाज में जीतकर राष्ट्रमंडल खेलों के फाइनल में जगह बना ली। भिवानी की एशियाई खेलों की कांस्य पदक विजेता 22 वर्षीय प्रीति ने मुकाबले के दौरान शुरू से अंत तक दबदबा बनाए रखा। उन्होंने बांयी ओर से सटीक पंच और प्रभावी जवाबी हमले के दम पर म्वापे को लगातार दबाव में रखा। फाइनल में प्रीति के सामने स्कारलेट डेलगाडो की चुनौती होगी। कनाडा की इस मुक्केबाज ने एक अन्य सेमीफाइनल में इंग्लैंड की लॉरेन मैकी को 4-1 से हराया। प्रीति ने जीत के बाद पीटीआई से कहा, मैं बहुत खुश हूं कि जिस तरह की तैयारी की थी, उसे रिंग में उतारने में सफल रही। अब मेरा पूरा ध्यान स्वर्ण पदक जीतने पर है और मैं अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करूंगी।’’उन्होंने कहा, ‘‘ मैं किसी भी प्रतिद्वंद्वी को हल्के में नहीं लेती। अपने कोच के साथ हर मुकाबले की पूरी तैयारी करती हूं और खुशी है कि उन योजनाओं को अमल में ला पा रही हूं।’’म्वापे पूरे मुकाबले में प्रभावी पंच लगाने के लिए जूझती रहीं, जबकि प्रीति के संयोजित पंच का उनके पास कोई जवाब नहीं था। पहले दो राउंड में जाम्बिया की मुक्केबाज को तीन बार ‘एट काउंट’ का सामना करना पड़ा, जो भारतीय मुक्केबाज के एकतरफा वर्चस्व का प्रमाण रहा। दूसरे राउंड में प्रीति के प्रदर्शन से प्रभावित सभी पांच निर्णायकों ने उन्हें 10-8 का स्कोर दिया। अंतिम राउंड में म्वापे मुकाबले में वापसी की कोशिश करने के बजाय प्रीति के आक्रामक हमलों से बचती नजर आईं। दूसरी ओर, अंकुश ने भी 80 किग्रा वर्ग के सेमीफाइनल में कनाडा के जोशुआ ओफोरी को 5-0 से हराकर फाइनल का टिकट कटाया। शुरुआती दो राउंड में भारतीय मुक्केबाज के शानदार प्रदर्शन के सामने ओफोरी बार-बार ‘क्लिंचिंग’ (प्रतिद्वंद्वी मुक्केबाज को जकड़ कर मुकाबले की गति प्रभावित करने की कोशिश) का सहारा लेने को मजबूर हुए। दूसरे राउंड की शुरुआत में ओफोरी ने आक्रामक रुख अपनाने की कोशिश की, लेकिन अंकुश ने संयम बनाए रखते हुए दबाव को आसानी से झेला और सटीक पंचों के संयोजन से जवाब देते हुए एकतरफा 5-0 की जीत दर्ज की।

प्रभासाक्षी 31 Jul 2026 5:43 pm

'मैं वहां दोस्त बनाने नहीं जाता', हेड कोच डैरेन सैमी के बयान पर भड़के अल्जारी जोसेफ; दिया करारा जवाब

तेज गेंदबाज अल्जारी जोसेफ ने वेस्टइंडीज के हेड कोच डैरेन सैमी के बयान का जवाब दिया है।

जागरण 31 Jul 2026 5:42 pm

Khelo India योजना के लिए केंद्रीय कैबिनेट ने 29,000 करोड़ रुपये के बजट को मंजूरी दी

केंद्रीय मंत्रिमंडल ने स्वतंत्रता के बाद का सबसे महत्वाकांक्षी खेल विकास कार्यक्रम बताते हुए शुक्रवार को खेलो इंडिया योजना के विस्तार और राष्ट्रीय खेल महासंघों को दी जाने वाली सहायता (एएनएसएफ) के बजट के लिए अगले पांच वर्षों कुल 36,441 करोड़ रुपये के खर्च को मंजूरी दी। सरकार ने खेलो इंडिया योजना के लिए अगले पांच वर्षों में 29,054 करोड़ रुपये आवंटित किए हैं। इस योजना का उद्देश्य जमीनी स्तर पर प्रतिभाशाली खिलाड़ियों की पहचान कर उन्हें तैयार करना है, ताकि भारत 2030 के राष्ट्रमंडल खेलों की मेजबानी और 2036 ओलंपिक की मेजबानी की दावेदारी के माध्यम से वैश्विक खेल केंद्र बनने की दिशा में आगे बढ़ सके। वहीं राष्ट्रीय खेल महासंघों (एनएसएफ) को सहायता के लिए अगले पांच वर्षों में 7,387 करोड़ रुपये निर्धारित किए गए हैं। उल्लेखनीय है कि वर्ष 2026-27 के लिए इस मद में पहले 425 करोड़ रुपये का बजटीय प्रावधान था। सरकारी बयान में कहा गया, ‘‘स्वीकृत बजट पिछले खेलो इंडिया कार्यक्रम की तुलना में लगभग आठ गुना अधिक है जो युवाओं के विकास, राष्ट्र निर्माण और भारत को वैश्विक खेल महाशक्ति बनाने के प्रति सरकार की प्रतिबद्धता को दर्शाता है। ’’स्कूल स्तर पर खेलों को मजबूत करने के लिए सरकार ने दो नयी पहल शुरू की हैं जो खेलो इंडिया फीडर स्कूल और खेलो इंडिया उत्कृष्ट विद्यालय हैं। इनका उद्देश्य खेलों को मुख्यधारा की शिक्षा से जोड़ना, प्रतिभाशाली बच्चों की पहचान करना और उन्हें व्यवस्थित रूप से विकसित करना है। एएनएसएफ योजना के तहत 2026-31 की अवधि के लिए भारतीय खिलाड़ियों और टीम को कोचिंग, खेल विज्ञान, आधुनिक उपकरण, अंतरराष्ट्रीय प्रशिक्षण एवं प्रतिस्पर्धाओं में भागीदारी, प्रशिक्षण शिविरों और विदेशी विशेषज्ञों की सेवाओं के लिए वित्तीय सहायता दी जाएगी। सरकार ने कहा, ‘‘यह वैश्विक दक्षिण (ग्लोबल साउथ) के देशों के साथ खेल सहयोग को भी बढ़ावा देगा और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भारत के पारंपरिक खेलों को बढ़ावा देगा। ’’बयान में कहा गया, ‘‘महिला खिलाड़ियों, पैरा-एथलीट, स्वदेशी खेलों तथा शांति, समावेशन और सामुदायिक विकास के माध्यम के रूप में खेलों को विशेष प्राथमिकता दी गई है। ’’बयान के अनुसार, ‘‘इस योजना के तहत राष्ट्रीय खेलों के आयोजन और भारत में प्रमुख अंतरराष्ट्रीय खेल प्रतियोगिताओं की मेजबानी के लिए भी सहायता प्रदान की जाएगी। ’’योजना में एक एकीकृत डिजिटल स्पोर्ट्स प्लेटफॉर्म विकसित करने का भी प्रस्ताव है जिसमें खिलाड़ियों का डेटाबेस, खेल अवसंरचना, प्रतियोगिताएं, कोचिंग संसाधन, प्रतिभा मूल्यांकन, वित्तीय सहायता और फिट इंडिया अभियान से जुड़ी जानकारी को एक मंच पर लाया जाएगा। सरकार के अनुसार यह प्लेटफॉर्म डेटा-आधारित योजना निर्माण, पारदर्शी प्रशासन और खिलाड़ियों के व्यक्तिगत विकास को बढ़ावा देगा। सरकार ने कहा कि उसे विश्वास है कि इस पुनर्गठित योजना से भारत की दीर्घकालिक खेल महत्वाकांक्षाओं के लिए मजबूत आधार तैयार होगा जिसमें देश की ओलंपिक और पैरालंपिक खेलों की मेजबानी की दावेदारी भी शामिल है। योजना के तहत एक और महत्वपूर्ण सुधार के रूप में मौजूदा ‘खेलो इंडिया एथलीट्स’ कार्यक्रम के साथ ‘इमर्जिंग खेलो इंडिया एथलीट्स’ नामक नयी श्रेणी बनाई जाएगी। सरकार ने कहा, ‘‘इससे खिलाड़ियों के संरचित विकास तंत्र का दायरा लगभग दस गुना तक बढ़ जाएगा और हजारों अतिरिक्त युवा खिलाड़ियों को पेशेवर कोचिंग, खेल विज्ञान आधारित सहायता तथा दीर्घकालिक मार्गदर्शन उपलब्ध कराया जाएगा। ’’देशभर में प्रतिभा की पहचान के लिए एक राष्ट्रीय प्रतिभा खोज तंत्र विकसित किया जाएगा। इसके तहत क्षेत्रीय समितियां, स्काउट्स, हाई परफॉर्मेंस निदेशक और हाई परफॉर्मेंस मैनेजर मिलकर देशभर के प्रतिभाशाली खिलाड़ियों की पहचान करेंगे, उनकी प्रगति पर नजर रखेंगे और उनके समग्र विकास में सहयोग करेंगे।

प्रभासाक्षी 31 Jul 2026 5:41 pm

Droupadi Murmu ने Commonwealth Games पदक विजेता लवप्रीत सिंह और सीमा को बधाई दी

राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने राष्ट्रमंडल खेलों में पुरुषों के भारोत्तोलन और महिलाओं की चक्का फेंक स्पर्धा में पदक जीतने पर लवप्रीत सिंह और सीमा कालीरमण को शुक्रवार को बधाई दी। राष्ट्रपति ने एक्स पर पोस्ट किया, ‘‘राष्ट्रमंडल खेल 2026 में भारोत्तोलन में पुरुषों के 110 किलोग्राम से अधिक वजन वर्ग में रजत पदक जीतने पर लवप्रीत सिंह को हार्दिक बधाई। आपका शानदार प्रदर्शन आपके अटूट दृढ़ संकल्प, असाधारण शक्ति और उत्कृष्टता को दर्शाता है। आपकी इस उपलब्धि ने हर भारतीय को अपार गर्व और खुशी दी है। मैं कामना करती हूं कि आने वाले वर्षों में आप और भी कई उपलब्धियां हासिल करें।’’पंजाब के सीमावर्ती जिले अमृतसर के बाल सिकंदर गांव के रहने वाले लवप्रीत एक साधारण परिवार से आते हैं। उनके पिता दर्जी हैं, जबकि उनके दादा सब्जियां बेचकर अपना जीवन यापन करते थे। मुर्मू ने एक अन्य पोस्ट में कहा, ‘‘राष्ट्रमंडल खेल 2026 में महिला चक्का फेंक स्पर्धा में कांस्य पदक जीतने पर सीमा कालीरमण को हार्दिक बधाई। आपकी यह उपलब्धि आपकी दृढ़ता, समर्पण और कड़ी मेहनत का प्रमाण है। आपकी सफलता युवा महिलाओं को खेलों में उत्कृष्टता हासिल करने के लिए प्रेरित करेगी। आशा है कि आप देश का नाम रोशन करती रहेंगी।

प्रभासाक्षी 31 Jul 2026 5:37 pm

Asian Legends League में इंडियन रॉयल्स की टीम को बड़ी साझेदारी की जरूरत, बांग्लादेश टाइगर्स की अच्छी वापसी

Asian Legends League का तीसरा मैच इंडियन रॉयल्स और बांग्लादेश टाइगर्स के बीच खेला जा रहा है। इस मैच में इंडिया रॉयल्स की टीम ने टॉस जीता है। इस मैच में टीम इंडिया की कप्तानी नमन ओझा कर रहे हैं। वहीं बांग्लादेश की कप्तानी धीमान घोष कर रहे हैं।

खबर इंडिया टीवी 31 Jul 2026 5:36 pm

स्वप्ना बर्मन ने लिया संन्यास, एशियन गेम्स हेप्टाथलॉन में स्वर्ण पदक जीतने वाली पहली भारतीय रहीं

नई दिल्ली, 31 जुलाई (आईएएनएस)। एशियन गेम्स में स्वर्ण पदक जीतने वाली भारत की पहली हेप्टाथलीट स्वप्ना बर्मन ने शुक्रवार को एथलेटिक्स से संन्यास की घोषणा कर दी। स्वप्ना ने लगातार चोटिल होने को अपने संन्यास की वजह बताई।

समाचार नामा 31 Jul 2026 5:24 pm

इंटरनेशनल कबड्‌डी प्लेयर की पत्नी ने सुसाइड किया:रोहतक में घर में फांसी लगाई; ढाई साल पहले हुई थी शीलू बल्हारा की शादी

रोहतक के रहने वाले इंटरनेशनल कबड्डी प्लेयर शीलू बल्हारा की पत्नी मुस्कान बल्हारा ने शुक्रवार को सुसाइड कर लिया। बताया गया है कि उन्होंने अपने घर में फंदा लगाकर जान दी। सूचना मिलने पर बहु अकबरपुर थाना पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने जांच के लिए फोरेंसिक टीम को भी बुलाया। सुसाइड के कारणों को लेकर फिलहाल पता नहीं चल पाया है। शीलू और मुस्कान की शादी दिसंबर 2023 में हुई थी। पिछले साल नवंबर में उनके बेटे हार्दिक का जन्म हुआ। एक पॉडकास्ट में शादी को लेकर पूछे गए सवाल पर शीलू बल्हारा ने बताया था कि उनका जन्म 2003 में हुआ था। उनकी मां लंबे समय से बीमार रहती हैं और उनके पैरों व कमर में तकलीफ है। इसी वजह से परिवार ने उनकी कम उम्र में ही शादी कराने का फैसला लिया था, लेकिन मैं बेहद खुश हूं। 3 पॉइंट में जानिए कौन हैं शीलू बल्हारा बहु अकबरपुर गांव के रहने वाले शीलू बल्हारा रोहतक में बहु अकबरपुर गांव के रहने वाले हैं। पिता सुरेंद्र बल्हारा साधारण किसान हैं और एक भाई है। शीलू की करीब दिसंबर 2025 में मुस्कान से शादी हुई थी। शीलू ने मात्र छह साल की उम्र में ही कबड्‌डी खेलना शुरू कर दिया था। जब जवानी में कदम रखा तो उनका नाम पंजाब तक पहुंचा। पंजाब की अलग-अलग टीमों में शीलू खेलने के लिए जाते रहते है। चीते के नाम से फेमस हैं शीलू शीलू पंजाब में 'हरियाणा आला चीता' के नाम से फेमस हैं। विदेशों में शीलू कबड्‌डी खेलने जाते हैं। वे कैचर हैं। पिछले साल अमेरिका में हुए कबड्‌डी टूर्नामेंट में भी वे बेस्ट कैचर चुने गए थे। यहां शीलू ने उत्कृष्ट पकड़ क्षमता और फुर्ती से सबका दिल जीत लिया था। ट्रैक्टर, कंबाइन और बुलेट जीत चुके शीलू कबड्‌डी मुकाबलों में पंजाब से अब तक 24 ट्रैक्टर, 50 से ज्यादा बुलेट और एक कंबाइन जीतकर घर ला चुके है। उन्होंने मुकाबलों में जीतकर लाई बुलेट को कभी बेचा नहीं है, वे इन्हें अपने दोस्तों या फिर खुद के यूज के लिए ही रखते हैं। ट्रैक्टर और दूसरे उपकरण वे बेच देते हैं। बड़ी संख्या में किसानी से जुड़े उपकरण पंजाब से जीतकर ला चुके हैं। हम इस खबर को लगातार अपडेट कर रहे हैं…

दैनिक भास्कर 31 Jul 2026 5:22 pm

रहाणे के बाद KKR की कमान किसके हाथ? रिंकू मजबूत दावेदार

अजिंक्य रहाणे के संन्यास के बाद KKR नए कप्तान की तलाश में है. मौजूदा स्क्वाड में रिंकू सिंह सबसे मजबूत दावेदार बनकर उभरे हैं. UPT20 और उत्तर प्रदेश टीम की कप्तानी का उनका रिकॉर्ड उन्हें IPL 2027 से पहले इस रेस में सबसे आगे खड़ा करता है.

आज तक 31 Jul 2026 5:16 pm

WI vs PAK 2nd Test: पाकिस्तान को लगा तगड़ा झटका, चोट के कारण करो या मरो वाले मैच से बाहर हुए पूर्व कप्तान

पाकिस्‍तान क्रिकेट टीम इन दिनों वेस्‍टइंडीज के दौरे पर है। इस दौरान दोनों टीमों के बीच 2 टेस्‍ट मैचों की सीरीज खेली जा रही है।

जागरण 31 Jul 2026 4:57 pm

प्रीति पवार फाइनल में पहुंचीं, भारत के लिए सिल्वर मेडल पक्का किया; एकतरफा सेमीफाइनल में म्वापे को धोया

प्रीति पवार शुक्रवार को महिलाओं के 54 किग्रा सेमीफ़ाइनल में जाम्बिया की कैथरीन म्वापे को 5-0 से हराकर फाइनल में जगह बनाने वाली पहली भारतीय बॉक्सर बनीं। इस जीत से प्रीति का कम से कम सिल्वर मेडल पक्का हो गया।

लाइव हिन्दुस्तान 31 Jul 2026 4:54 pm

वैभव सूर्यवंशी अब कब खेलेंगे इंटरनेशनल मुकाबला, इससे पहले होगा डोमेस्टिक क्रिकेट में टेस्ट

वैभव सूर्यवंशी इस वक्त इंटरनेशनल क्रिकेट से दूर हैं। अगर सब कुछ ठीक रहा तो वे फिर से अ​ब सीधे अक्टूबर में टी20 इंटरनेशनल मैच खेलेंगे। इससे भी पहले वे दलीप ट्रॉफी में दिखाई देंगे, जहां वे ईस्ट जोन के उपकप्तान बनाए गए हैं।

खबर इंडिया टीवी 31 Jul 2026 4:43 pm

श्रीलंका सीरीज से पहले टीम इंडिया के लिए गुड न्यूज, जसप्रीत बुमराह ने पास किया फिटनेस टेस्ट

श्रीलंका टेस्ट सीरीज के लिए टीम इंडिया के स्क्वॉड का ऐलान हो चुका है। इस सीरीज के लिए जसप्रीत बुमराह और साई सुदर्शन का सेलेक्शन फिटनेस के अधीन किया गया था।

खबर इंडिया टीवी 31 Jul 2026 4:37 pm

बुमराह पूरी तरह फिट, श्रीलंका के खिलाफ दोनों टेस्ट खेलेंगे

जसप्रीत बुमराह ने बीसीसीआई सेंटर ऑफ एक्सीलेंस में फिटनेस टेस्ट पास कर लिया है. अब वह श्रीलंका के खिलाफ दो मैचों की टेस्ट सीरीज में खेलने के लिए पूरी तरह फिट हैं, जिससे टीम इंडिया की गेंदबाजी को बड़ी मजबूती मिलेगी.

आज तक 31 Jul 2026 4:35 pm

जिम्बाब्वे के बाद अब श्रीलंका की बारी, अगले महीने एक्‍शन में नजर आएगी भारतीय टीम; नोट कर लें शेड्यूल

जिम्‍बाब्‍वे के खिलाफ जीत के बाद अब भारतीय क्रिकेट टीम अगले महीने एक्‍शन में नजर आएगी।

जागरण 31 Jul 2026 4:35 pm

इंग्लैंड के हेड कोच बनते ही स्टीफन फ्लेमिंग का बड़ा बयान, कहा- यह दुनिया के सबसे प्रतिष्ठित पदों में से एक है

न्यूजीलैंड के पूर्व क्रिकेटर स्टीफन फ्लेमिंग को अब इंग्लैंड का टेस्ट कोच नियुक्त किया गया है। वह इंग्लैंड क्रिकेट टीम के 5वें विदेशी कोच बने हैं। उन्होंने हेड कोच बनने के बाद जो रूट की जमकर तारीफ की है।

खबर इंडिया टीवी 31 Jul 2026 4:08 pm

फुटबॉल जगत में पसरा मातम, इस दिग्गज का निधन, जबरदस्त रहा करियर

फ्रेंको बारेसी सिर्फ एक महान डिफेंडर नहीं थे. उन्होंने दुनिया को दिखाया कि एक खिलाड़ी अपनी प्रतिभा के साथ-साथ अपने चरित्र, अनुशासन और क्लब के प्रति समर्पण से भी अमर बन सकता है. वो एक ऐसे कप्तान रहे, जिन्होंने अपने खेल से ही नहीं, अपने व्यक्तित्व से भी लाखों लोगों का दिल जीता.

आज तक 31 Jul 2026 2:58 pm

हिमस्खलन में मशहूर पर्वतारोही निर्मल पुर्जा समेत 10 लापता:रेस्क्यू ऑपरेशन जारी; पाकिस्तान के ब्रॉड पीक पर चढ़ाई कर रहे थे

पाकिस्तान के काराकोरम रेंज में स्थित ब्रॉड पीक पर हिमस्खलन (एवलांच) की चपेट में आने से दुनिया के मशहूर पर्वतारोही निर्मल पुर्जा 'निम्स दाई' समेत 10 पर्वतारोही लापता हो गए हैं। यह घटना गुरुवार दोपहर की है। नेपाल पर्वतारोहण संघ के महासचिव राज बहादुर लामा के अनुसार लापता पर्वतारोहियों में पांच नेपाली और पांच विदेशी नागरिक शामिल हैं। विदेशी पर्वतारोहियों में एक अमेरिकी, एक चीनी, एक ओमान का नागरिक और एक पाकिस्तानी शामिल है। पांचवें विदेशी पर्वतारोही की पहचान नहीं है। रेस्क्यू ऑपरेशन में आ रही बाधा नेपाल पर्वतारोहण संघ के पूर्व अध्यक्ष आंग शेरिंग शेरपा ने बताया कि खराब मौसम के कारण हेलीकॉप्टर पहाड़ी इलाके में उतर नहीं पा रहे हैं, जिससे रेस्क्यू ऑपरेशन प्रभावित हुआ है। निर्मल पुर्जा की टीम में थे 10 सदस्य लापता पर्वतारोहियों में निर्मल पुर्जा के अलावा पुर बहादुर गुरुंग, किली पेम्बा शेरपा, निमा शेरपा, नवांग थिंडू शेरपा और ग्यालु शेरपा शामिल हैं। निर्मल पुर्जा पूर्व ब्रिटिश स्पेशल फोर्सेज के सदस्य और गोरखा सैनिक रह चुके हैं। पुर्जा ने 2019 में दुनिया की 14 सबसे ऊंची चोटियों को छह महीने से कम समय में फतह कर इतिहास रचा था। वे अपनी 'प्रोजेक्ट पॉसिबल' मुहिम और नेटफ्लिक्स डॉक्यूमेंट्री के लिए दुनियाभर में मशहूर हैं। पाकिस्तान सरकार के संपर्क में नेपाल नेपाल के संस्कृति, पर्यटन और नागरिक उड्डयन मंत्रालय ने कहा कि वे पाकिस्तान में स्थित नेपाली दूतावास के जरिए पाकिस्तानी सरकार के साथ लगातार संपर्क में हैं। नेपाल के पर्यटन मंत्री खड़क प्रसाद पौडेल ने सोशल मीडिया पर कहा कि वे स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं और पर्वतारोहियों की सुरक्षित वापसी की उम्मीद कर रहे हैं। GPS ट्रैकर में हलचल के संकेत एवरेस्ट क्रॉनिकल की रिपोर्ट के मुताबिक निर्मल पुर्जा के GPS ट्रैकर में हल्की हलचल देखी गई है। हालांकि, एक्सपर्ट का कहना है कि यह तकनीकी खराबी भी हो सकती है। ट्रैकिंग डेटा के अनुसार गुरुवार सुबह 9:38 बजे पुर्जा 6,659 मीटर की ऊंचाई पर थे। इसके बाद सुबह 10:18 बजे 800 मीटर की तेजी से गिरावट दर्ज की गई, जो हिमस्खलन के समय से मेल खाती है। अल्पाइन क्लब कर रहा समन्वय अल्पाइन क्लब ऑफ पाकिस्तान के उपाध्यक्ष करार हैदरी ने बताया कि हिमस्खलन के बाद से पूरी टीम से संपर्क टूट गया है। क्लब ने कहा कि वे सरकारी अधिकारियों के साथ मिलकर हर संभव संसाधन जुटाने की कोशिश कर रहे हैं। ब्रॉड पीक दुनिया की 12वीं सबसे ऊंची चोटी है, जिसकी ऊंचाई 8,047 मीटर है। फिलहाल, रेस्क्यू टीमें लापता पर्वतारोहियों को खोजने के लिए लगातार प्रयास कर रही हैं।

दैनिक भास्कर 31 Jul 2026 2:35 pm

'भगवा' जर्सी विवाद पर हॉकी इंडिया में दो फाड़, तिर्की ने पूछे कड़े सवाल

हॉकी इंडिया ने क्या राष्ट्रीय टीम की पहचान से जुड़े इतने अहम फैसले में अपने संविधान और प्रशासनिक प्रक्रियाओं का पालन किया था, ये अब तक स्पष्ट नहीं हो पाया है. अगर दिलीप तिर्की का दावा सही साबित होता है, तो आने वाले दिनों में हॉकी इंडिया को सिर्फ जर्सी के रंग पर नहीं, बल्कि फैसले लेने के तरीके और पारदर्शिता पर भी जवाब देना पड़ सकता है.

आज तक 31 Jul 2026 2:26 pm

नया लुक, नया अंदाज! इंग्लैंड सीरीज के बाद बदले-बदले दिखे रोहित

इंग्लैंड दौरे पर अपने बल्ले से आलोचकों को करारा जवाब देने वाले रोहित शर्मा अब नए लुक की वजह से सुर्खियों में हैं. वनडे सीरीज खत्म होने के बाद रोहित लंदन में आराम के पल बिता रहे हैं. इसी दौरान पूर्व भारतीय हेड कोच रवि शास्त्री के साथ उनकी एक तस्वीर वायरल हो गई.

आज तक 31 Jul 2026 1:43 pm

कंडक्टर की नौकरी गई, घर भी बिक गया... फिर शर्मिला ने जीता गोल्ड

हरियाणा के महेंद्रगढ़ की पैरा एथलीट शर्मिला धनखड़ ने कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 के महिला F57 शॉट पुट इवेंट में गोल्ड मेडल जीतकर देश का नाम रोशन किया. 2 साल की उम्र में पोलियो, पहले पति से तलाक, आर्थिक तंगी और ट्रेनिंग के लिए घर बेचने जैसी कठिनाइयों का सामना करने के बावजूद उन्होंने हार नहीं मानी. जानिए संघर्ष से सफलता तक शर्मिला धनखड़ की प्रेरणादायक कहानी.

आज तक 31 Jul 2026 1:24 pm

रियल मैड्रिड ने लेवांते के स्ट्राइकर कार्लोस एस्पी को किया साइन, 5 साल का हुआ करार

मैड्रिड, रियल मैड्रिड फुटबॉल क्लब ने लेवांते से स्ट्राइकर कार्लोस एस्पी को लगभग 25 मिलियन यूरो की फीस पर साइन किया है। इस बात की जानकारी रियल मैड्रिड ने अपनी वेबसाइट पर दी है।

देशबन्धु 31 Jul 2026 12:22 pm

नीरज चोपड़ा कॉमनवेल्थ गेम्स में गोल्ड के लिए उतरेंगे:जेवलिन फाइनल में पाकिस्तान के अरशद, श्रीलंकाई रुमेश से चुनौती; बॉक्सिंग में भारत के 10 सेमीफाइलिस्ट

कॉमनवेल्थ गेम्स के आठवें दिन भारत के नीरज चोपड़ा जेवलिन थ्रो फाइनल में गोल्ड मेडल के लिए उतरेंगे। भारत की ओर से रोहित यादव और यशवीर सिंह भी फाइनल में हिस्सा लेंगे। नीरज के सामने पाकिस्तान के मौजूदा ओलिंपिक चैंपियन अरशद नदीम और श्रीलंका के रुमेश पाथिराजे की चुनौती होगी।रुमेश ने क्वालिफिकेशन राउंड में 82.84 मीटर का थ्रो कर पहला स्थान हासिल किया था, जबकि अरशद सातवें स्थान पर रहे थे। भारत के 10 बॉक्सर आज सेमीफाइनल मुकाबले में उतरेंगे। टोक्यो ओलिंपिक मेडलिस्ट बॉक्सर लवलीना बोरगोहेन भी सेमीफाइनल खेलेंगी। क्वालिफिकेशन में पांचवें स्थान पर रहे नीरज क्वालिफिकेशन राउंड में नीरज ने पहले प्रयास में 76.28 मीटर और दूसरे प्रयास में 79.61 मीटर का थ्रो किया। इसके बाद उन्होंने तीसरा थ्रो नहीं किया। नीरज 79.61 मीटर के साथ पांचवें स्थान पर रहे और फाइनल में पहुंच गए। भारत के ही रोहित यादव 78.37 मीटर के साथ नौवें और यशवीर सिंह 78.36 मीटर के साथ दसवें स्थान पर रहे। दोनों भारतीय खिलाड़ियों ने भी फाइनल के लिए क्वालिफाई किया। नीरज ने अरशद को 10 बार पीछे छोड़ा नीरज और अरशद की पहली भिड़ंत 2016 साउथ एशियन गेम्स में हुई थी। इसके बाद दोनों 11 टूर्नामेंट में आमने-सामने आ चुके हैं। इनमें 10 बार नीरज ने अरशद को पीछे छोड़ा है। अरशद को एकमात्र सफलता पेरिस ओलिंपिक 2024 में मिली थी। तब उन्होंने 92.97 मीटर के ओलिंपिक रिकॉर्ड के साथ गोल्ड मेडल जीता था, जबकि नीरज ने 89.45 मीटर के साथ सिल्वर मेडल हासिल किया था। 90 मीटर पार करने वाले भारत के इकलौते जेवलिन थ्रोअर नीरज चोपड़ा ने 2025 दोहा डायमंड लीग में 90.23 मीटर का थ्रो कर नेशनल रिकॉर्ड बनाया था। वे 90 मीटर का आंकड़ा पार करने वाले भारत के इकलौते जेवलिन थ्रोअर हैं। टोक्यो ओलिंपिक 2020 में उन्होंने 87.58 मीटर के साथ गोल्ड मेडल जीता था। इसके अलावा नीरज वर्ल्ड एथलेटिक्स चैंपियनशिप 2023 और एशियन गेम्स 2023 में गोल्ड, जबकि पेरिस ओलिंपिक 2024 में सिल्वर मेडल जीत चुके हैं। बॉक्सिंग में भारत के 10 सेमीफाइनल बॉक्सिंग में भारत के 10 मुक्केबाज सेमीफाइनल मुकाबले खेलेंगे। इनमें प्रीति पवार, अंकुश पंघाल, जैस्मिन लांबोरिया, अरुंधति चौधरी और जदुमणि सिंह के मुकाबले शाम तक होंगे। जीत के साथ ये खिलाड़ी अपने-अपने वर्ग के फाइनल में पहुंच जाएंगे। देर रात साक्षी चौधरी, प्रिया घंघास, लवलीना बोरगोहेन, सचिन सिवाच और नरेंद्र बरवाल भी सेमीफाइनल में उतरेंगे। टोक्यो ओलिंपिक ब्रॉन्ज मेडलिस्ट लवलीना बोरगोहेन पर भी भारत की नजरें रहेंगी। वे 75 किलोग्राम वर्ग में चुनौती पेश करेंगी। जूडो और ट्रैक साइक्लिंग में भी भारतीय चुनौती जूडो में हर्ष सिंह, श्रद्धा चोपड़े, रोहित बसीर माजगुल, अस्मिता डे और यामिनी मौर्य अपने-अपने शुरुआती मुकाबले खेलेंगे। जीतने वाले खिलाड़ी अगले दौर में पहुंचेंगे। ट्रैक साइक्लिंग में दिनेश कुमार और रोजित यांगलेम 4000 मीटर इंडिविजुअल पर्स्यूट में उतरेंगे। वहीं डेविड बेकहम एल्काचोहतूंगो और जेम्श सिंह कीथेल्लाकराम पुरुष केरिन स्पर्धा में हिस्सा लेंगे। क्वालिफाई करने पर दोनों स्पर्धाओं के फाइनल भी आज ही खेले जाएंगे। लॉन बॉल्स में दो अहम मुकाबले लॉन बॉल्स में दिनेश कुमार और नवनीत सिंह की जोड़ी पुरुष पेयर्स सेक्शनल प्ले में फॉकलैंड आइलैंड्स का सामना करेगी। इसके बाद नयनमोनी सैकिया महिला सिंगल्स सेक्शनल प्ले में जाम्बिया की मिल्ड्रेड म्कंडाविरे के खिलाफ उतरेंगी। आज 22 गोल्ड मेडल इवेंट्स कॉमनवेल्थ गेम्स के आठवें दिन कुल 22 गोल्ड मेडल इवेंट्स होंगे। इनमें 10 एथलेटिक्स और पैरा एथलेटिक्स, 7 ट्रैक साइक्लिंग और पैरा ट्रैक साइक्लिंग तथा 5 जूडो स्पर्धाओं के गोल्ड मेडल मुकाबले शामिल हैं।

दैनिक भास्कर 31 Jul 2026 12:10 pm

हॉकी इंडिया की नई नारंगी जर्सी पर विवाद:खिलाड़ियों से सलाह लेने के दावे को टीम मेंबर ने नकारा, दिग्गजों ने नाराजगी जताई

भारतीय हॉकी टीम की नई जर्सी को लेकर विवाद बढ़ता नजर आ रहा है। एक रिपोर्ट में एक खिलाड़ी और हॉकी इंडिया के एक अधिकारी के हवाले से दावा किया गया है कि जर्सी के रंगमें बदलाव को लेकर खिलाड़ियों से सलाह नहीं ली गई थी। अगले महीने होने वाले हॉकी वर्ल्ड कप के लिए हॉकी इंडिया ने 27 जुलाई को नीली जर्सी की जगह नारंगी जर्सी लॉन्च की है। इस बदलाव के बाद कई पूर्व हॉकी खिलाड़ियों और दिग्गजों ने नाराजगी जाहिर की है। खिलाड़ियों से सलाह के दावे पर सवाल हॉकी इंडिया ने विरोध के जवाब में गुरुवार को कहा कि जर्सी का रंग बदलने का फैसला खिलाड़ियों और सपोर्ट स्टाफ से सलाह-मशविरा के बाद लिया गया है। हालांकि, द इंडियन एक्सप्रेस की रिपोर्ट में भारतीय टीम के एक खिलाड़ी के हवाले से कहा गया है कि उनसे इस संबंध में न तो राय ली गई और न ही सलाह मांगी गई। वहीं, हॉकी इंडिया की कार्यकारी समिति के एक सदस्य ने भी दावा किया कि उन्हें जर्सी में बदलाव की जानकारी नहीं थी। वे ऐसी किसी आधिकारिक बैठक का हिस्सा नहीं रहे, जिसमें इस मुद्दे पर चर्चा हुई हो। जर्सी देखकर कोई प्रेरणा नहीं मिल रही- भास्करन 1980 ओलिंपिक में गोल्ड मेडल जीतने वाली भारतीय टीम के कप्तान वासुदेवन भास्करन ने भी सवाल उठाया है। भास्करन ने कहा कि उन्हें यह जर्सी देखकर कोई प्रेरणा नहीं मिल रही है। उन्होंने कहा कि 1928 से भारतीय खिलाड़ी नीली जर्सी पहनते आए हैं, तो अचानक यह बदलाव क्यों किया गया। उन्होंने कहा कि अगर यह फैसला हॉकी इंडिया का है, तो उन्हें पहले पूर्व और वर्तमान खिलाड़ियों से सलाह लेनी चाहिए थी। रासकिन्हा ने लिखा- टीम को भगवा रंग क्यों पहनाया भारतीय हॉकी टीम के पूर्व कप्तान विरेन रासकिन्हा ने इस फैसले का विरोध किया है। उन्होंने सोशल मीडिया पर लिखा कि टीम को भगवा रंग पहनाया जाना शर्मनाक है। प्रियंका गांधी ने भी नई जर्सी आलोचना की कांग्रेस सांसद प्रियंका गांधी ने भारतीय हॉकी टीम की जर्सी का रंग नीले से नारंगी किए जाने की आलोचना की। उन्होंने कहा कि देश की पहचान अहिंसा, सत्य और भाईचारे जैसे मूल्यों से जुड़ी है और इन्हें बदला नहीं जा सकता। जर्सी का रंग कैसे तय होता है, सवाल-जवाब के जरिए समझिए … सवाल: जर्सी का रंग किस आधार पर तय होता है? जवाब: जर्सी के रंग को लेकर कोई भी लिखित नियम नहीं है। कोई भी देश किसी भी रंग को चुन सकता है। लेकिन आमतौर किसी देश की टीम की जर्सी का रंग उसके राष्ट्रीय ध्वज, राष्ट्रीय प्रतीकों या राष्ट्रीय पहचान के आधार पर चुना जाता है। सवाल: भारतीय टीम की जर्सी नीली क्यों रखी गई थी? जवाब: हॉकी इतिहासकार के. अरुमुगम ने बताया कि भारतीय हॉकी टीम 1928 से ज्यादातर नीली और सफेद जर्सी में खेलती आई है। समय-समय पर जर्सी का डिजाइन बदला, लेकिन रंग नीला ही रहा। वहीं मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, भारतीय क्रिकेट टीम ने 1992 में रंगीन जर्सी शुरू होने पर तिरंगे के अशोक चक्र का नीला रंग अपनाया। इसी वजह से भारतीय टीमों की पहचान 'मेन इन ब्लू' के तौर पर बन गई। सवाल: जर्सी का रंग ऑरेंज क्यों किया गया? जवाब: हॉकी इंडिया के अध्यक्ष दिलीप टिर्की ने कहा कि अंतरराष्ट्रीय हॉकी अब नीले सिंथेटिक टर्फ पर खेली जाती है। ऐसे में मैदान और जर्सी दोनों नीले होने से खिलाड़ियों को तेज खेल के दौरान साथी खिलाड़ियों और गेंद को पहचानने में दिक्कत होती थी। भारत ने 1975 में वर्ल्ड कप जीता था FIH मेंस हॉकी वर्ल्ड कप 2026 टूर्नामेंट का 16वां एडिशन होगा। इंटरनेशनल हॉकी फेडरेशन (FIH) की ओर से आयोजित यह टूर्नामेंट 14 से 30 अगस्त 2026 तक बेल्जियम के वावरे और नीदरलैंड्स के एम्स्टेलवीन में खेला जाएगा। भारत ने अपना आखिरी और इकलौता हॉकी वर्ल्ड कप खिताब 1975 में जीता था। टीम करीब 50 साल बाद फिर से वर्ल्ड चैंपिंयन बनने का सपना लेकर मैदान में उतरेगी।

दैनिक भास्कर 31 Jul 2026 10:53 am

कॉमनवेल्थ गेम्स में लवप्रीत को वेटलिफ्टिंग में सिल्वर:सीमा ने डिस्कस थ्रो में ब्रॉन्ज जीता; भारत 10वें नंबर पर, 17 मेडल जीते

लवप्रीत सिंह ने कॉमनवेल्थ गेम्स में आठवें दिन भारत को सिल्वर मेडल दिला दिया है। वहीं, महिलाओं के डिस्कस थ्रो इवेंट में सीमा ने ब्रॉन्ज हासिल किया। गुरुवार देर रात लवप्रीत ने पुरुष वेटलिफ्टिंग की 110 kg वेट कैटेगरी में 388 किलोग्राम वजन उठाया। उन्होंने स्नैच में 176 और क्लीन एंड जर्क में 212 किलोग्राम वजन उठाया। दूसरी ओर सीमा ने अपने तीसरे प्रयास में 58.65 मीटर थ्रो करके किया। इस ब्रॉन्ज के बाद भारत के 17 मेडल हो गए हैं। इनमें 3 गोल्ड, 10 सिल्वर और 4 ब्रॉन्ज शामिल हैं। भारत 10वें स्थान पर है। लवप्रीत महज एक किलो से गोल्ड चूके लवप्रीत ने स्नैच में कॉमनवेल्थ गेम्स का नया रिकॉर्ड बनाया। वे गोल्ड मेडल जीतने के बेहद करीब थे, लेकिन न्यूजीलैंड के डेविड डेविड एंड्रयूज से महज एक किग्रा के अंतर से पिछड़ गए। लवप्रीत ने कुल 388 किग्रा (स्नैच में 176 किग्रा और क्लीन एंड जर्क में 212 किग्रा) वजन उठाया। वहीं, न्यूजीलैंड के लिटी ने क्लीन एंड जर्क में गेम्स रिकॉर्ड के साथ कुल 389 किग्रा (166 किग्रा + 223 किग्रा) वजन उठाकर गोल्ड मेडल अपने नाम किया। इंग्लैंड के एंड्रयू ग्रिफिथ ने 356 किग्रा (165 किग्रा + 191 किग्रा) के साथ ब्रॉन्ज मेडल जीता। खेतों में काम किया, दादा के साथ सब्जियां बेचीं लवप्रीत सिंह का जन्म 6 सितंबर 1997 को पंजाब के अमृतसर के पास स्थित बल सचंदर गांव में हुआ। परिवार की आर्थिक स्थिति अच्छी नहीं थी। वे खेतों में काम करते थे, दादा के साथ सब्जियां बेचते थे और घर की उस घोड़ी की देखभाल भी करते थे, जिसे शादी समारोहों में किराए पर भेजा जाता था। उनके पिता दर्जी थे, लेकिन उन्होंने बेटे को सिलाई के काम में लगाने के बजाय खेलों में आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया। 13 साल की उम्र में मिली नई दिशा 13 साल की उम्र में लवप्रीत ने गांव के कुछ युवाओं को वेटलिफ्टिंग करते देखा। यहीं से इस खेल के प्रति उनका लगाव बढ़ा। सीमित संसाधनों के बीच उन्होंने स्थानीय कोचों की देखरेख में अभ्यास शुरू किया। मेहनत का नतीजा यह रहा कि 2017 में उन्हें पटियाला स्थित स्पोर्ट्स अथॉरिटी ऑफ इंडिया (SAI) के राष्ट्रीय प्रशिक्षण शिविर में जगह मिली। यहीं से उनका अंतरराष्ट्रीय करियर शुरू हुआ। मां बनने के बाद सीमा की वापसी 27 साल की सीमा ने मां बनने के बाद गेम्स में शानदार वापसी की है। सीमा ने अपने चौथे, पांचवें और छठे प्रयास में फाउल किया, लेकिन 58.65 मीटर के थ्रो ने उन्हें पोडियम तक पहुंचा दिया। इस इवेंट में जमैका की सामंथा हॉल (61.66 मीटर) ने गोल्ड और कनाडा की जूलिया टंक्स (60.67 मीटर) ने सिल्वर मेडल हासिल किया। एक अन्य भारतीय निधि रानी 53.19 मीटर के थ्रो के साथ चौथे स्थान पर रहीं। चोट के कारण तीन साल खेल से दूर रहीं खेल के साथ सीमा भिवानी के चौधरी बंसी लाल यूनिवर्सिटी से फिजिकल एजुकेशन में Ph.D. भी कर रही हैं। गंभीर घुटने की चोट के कारण उन्हें तीन साल से ज्यादा समय तक खेल से दूर रहना पड़ा, लेकिन लंबी रिहैबिलिटेशन बाद उन्होंने शानदार वापसी की। 2025 एशियन एथलेटिक्स चैंपियनशिप में चौथे स्थान पर रहीं सीमा ने 2025 साउथ एशियन एथलेटिक्स चैंपियनशिप में गोल्ड मेडल जीता। 2026 में उन्होंने 59.73 मीटर का अपना पर्सनल बेस्ट थ्रो दर्ज किया और देश की टॉप डिस्कस थ्रोअर में अपनी जगह मजबूत की। उनके प्रदर्शन के दम पर उन्होंने 2026 एशियन गेम्स के लिए क्वालिफाई किया और कॉमनवेल्थ गेम्स के लिए भारतीय टीम में जगह बनाई। नीरज ने पहला थ्रो 76.28 मीटर का किया भारत के नीरज चोपड़ा, रोहित यादव और यश वीर सिंह कॉमनवेल्थ गेम्स के जैवलिन थ्रो फाइनल में पहुंच गए हैं। क्वालिफिकेशन राउंड में नीरज ने 79.61 मीटर का बेस्ट थ्रो कर पांचवां स्थान हासिल किया। पाकिस्तान के ओलिंपिक चैंपियन अरशद नदीम 78.63 मीटर के साथ 7वें स्थान पर रहकर फाइनल में पहुंचे। मेडल इवेंट शुक्रवार देर रात 12:45 बजे से खेला जाएगा। नीरज ने पहले प्रयास में 76.28 मीटर और दूसरे प्रयास में 79.61 मीटर का थ्रो किया। इसके बाद उन्होंने तीसरा प्रयास नहीं किया और पांचवें स्थान पर रहते हुए फाइनल के लिए क्वालिफाई कर लिया। भारत के रोहित यादव 78.37 मीटर के साथ नौवें और यश वीर सिंह 78.36 मीटर के साथ दसवें स्थान पर रहे। श्रीलंका के रुमेश पहले स्थान पर रहे क्वालिफिकेशन में श्रीलंका के रुमेश पाथिराजे 82.84 मीटर के साथ पहले स्थान पर रहे। ग्रेनाडा के एंडरसन पीटर्स (81.29 मीटर), साउथ अफ्रीका के डाउ स्मिट (80.64 मीटर) और इंग्लैंड के बेन ईस्ट (80.38 मीटर) ने भी नीरज से बेहतर प्रदर्शन किया। पाकिस्तान के अरशद नदीम दूसरे और तीसरे प्रयास में सुधार नहीं कर सके। उनका बेस्ट थ्रो पहले प्रयास का 78.63 मीटर रहा। इसी की बदौलत उन्होंने सातवें स्थान से फाइनल में प्रवेश किया। नीरज 90 मीटर पार करने वाले भारत के इकलौते जैवलिन थ्रोअर नीरज चोपड़ा ने 2025 दोहा डायमंड लीग में 90.23 मीटर का थ्रो कर नेशनल रिकॉर्ड बनाया था। वे 90 मीटर का आंकड़ा पार करने वाले भारत के इकलौते जैवलिन थ्रोअर हैं। टोक्यो ओलिंपिक 2020 में नीरज ने 87.58 मीटर के साथ गोल्ड मेडल जीता था। इसके अलावा वे वर्ल्ड एथलेटिक्स चैंपियनशिप 2023 और एशियन गेम्स 2023 में गोल्ड, जबकि पेरिस ओलिंपिक 2024 में सिल्वर मेडल जीत चुके हैं। ओलिंपिक से वर्ल्ड चैंपियन तक का सफर -------------------------------- स्पोर्ट्स की यह खबर भी पढ़ें… नीरज चोपड़ा कॉमनवेल्थ गेम्स में गोल्ड के लिए उतरेंगे कॉमनवेल्थ गेम्स के आठवें दिन भारत के नीरज चोपड़ा जैवलिन थ्रो फाइनल में गोल्ड मेडल के लिए उतरेंगे। भारत की ओर से रोहित यादव और यशवीर सिंह भी फाइनल में हिस्सा लेंगे। नीरज के सामने पाकिस्तान के मौजूदा ओलिंपिक चैंपियन अरशद नदीम और श्रीलंका के रुमेश पाथिराजे की चुनौती होगी।रुमेश ने क्वालिफिकेशन राउंड में 82.84 मीटर का थ्रो कर पहला स्थान हासिल किया था, जबकि अरशद सातवें स्थान पर रहे थे। पूरी खबर…

दैनिक भास्कर 31 Jul 2026 7:25 am

कॉमनवेल्थ गेम्स में भारत को 2 और मेडल:लवप्रीत का वेटलिफ्टिंग में सिल्वर, सीमा ने डिस्कस थ्रो में ब्रॉन्ज जीता

लवप्रीत सिंह ने कॉमनवेल्थ गेम्स में आठवें दिन भारत को सिल्वर मेडल दिला दिया है। वहीं, महिलाओं के डिस्कस थ्रो इवेंट में सीमा ने ब्रॉन्ज हासिल किया। गुरुवार देर रात लवप्रीत ने पुरुष वेटलिफ्टिंग की 110 kg वेट कैटेगरी में 388 किलोग्राम वजन उठाया। उन्होंने स्नैच में 176 और क्लीन एंड जर्क में 212 किलोग्राम वजन उठाया। दूसरी ओर सीमा ने अपने तीसरे प्रयास में 58.65 मीटर थ्रो करके किया। इस ब्रॉन्ज के बाद भारत के 17 मेडल हो गए हैं। इनमें 3 गोल्ड, 10 सिल्वर और 4 ब्रॉन्ज शामिल हैं। भारत 10वें स्थान पर है। लवप्रीत महज एक किलो से गोल्ड चूके लवप्रीत ने स्नैच में कॉमनवेल्थ गेम्स का नया रिकॉर्ड बनाया। वे गोल्ड मेडल जीतने के बेहद करीब थे, लेकिन न्यूजीलैंड के डेविड डेविड एंड्रयूज से महज एक किग्रा के अंतर से पिछड़ गए। लवप्रीत ने कुल 388 किग्रा (स्नैच में 176 किग्रा और क्लीन एंड जर्क में 212 किग्रा) वजन उठाया। वहीं, न्यूजीलैंड के लिटी ने क्लीन एंड जर्क में गेम्स रिकॉर्ड के साथ कुल 389 किग्रा (166 किग्रा + 223 किग्रा) वजन उठाकर गोल्ड मेडल अपने नाम किया। इंग्लैंड के एंड्रयू ग्रिफिथ ने 356 किग्रा (165 किग्रा + 191 किग्रा) के साथ ब्रॉन्ज मेडल जीता। खेतों में काम किया, दादा के साथ सब्जियां बेचीं लवप्रीत सिंह का जन्म 6 सितंबर 1997 को पंजाब के अमृतसर के पास स्थित बल सचंदर गांव में हुआ। परिवार की आर्थिक स्थिति अच्छी नहीं थी। वे खेतों में काम करते थे, दादा के साथ सब्जियां बेचते थे और घर की उस घोड़ी की देखभाल भी करते थे, जिसे शादी समारोहों में किराए पर भेजा जाता था। उनके पिता दर्जी थे, लेकिन उन्होंने बेटे को सिलाई के काम में लगाने के बजाय खेलों में आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया। 13 साल की उम्र में मिली नई दिशा 13 साल की उम्र में लवप्रीत ने गांव के कुछ युवाओं को वेटलिफ्टिंग करते देखा। यहीं से इस खेल के प्रति उनका लगाव बढ़ा। सीमित संसाधनों के बीच उन्होंने स्थानीय कोचों की देखरेख में अभ्यास शुरू किया। मेहनत का नतीजा यह रहा कि 2017 में उन्हें पटियाला स्थित स्पोर्ट्स अथॉरिटी ऑफ इंडिया (SAI) के राष्ट्रीय प्रशिक्षण शिविर में जगह मिली। यहीं से उनका अंतरराष्ट्रीय करियर शुरू हुआ। मां बनने के बाद सीमा की वापसी, PHD कर रहीं 27 साल की सीमा ने मां बनने के बाद गेम्स में शानदार वापसी की है। वे वर्तमान में पीएचडी भकर रही हैं। सीमा ने अपने चौथे, पांचवें और छठे प्रयास में फाउल किया, लेकिन 58.65 मीटर के थ्रो ने उन्हें पोडियम तक पहुंचा दिया। इस इवेंट में जमैका की सामंथा हॉल (61.66 मीटर) ने गोल्ड और कनाडा की जूलिया टंक्स (60.67 मीटर) ने सिल्वर मेडल हासिल किया। एक अन्य भारतीय निधि रानी 53.19 मीटर के थ्रो के साथ चौथे स्थान पर रहीं। नीरज ने पहला थ्रो 76.28 मीटर का किया भारत के नीरज चोपड़ा, रोहित यादव और यश वीर सिंह कॉमनवेल्थ गेम्स के जैवलिन थ्रो फाइनल में पहुंच गए हैं। क्वालिफिकेशन राउंड में नीरज ने 79.61 मीटर का बेस्ट थ्रो कर पांचवां स्थान हासिल किया। पाकिस्तान के ओलिंपिक चैंपियन अरशद नदीम 78.63 मीटर के साथ 7वें स्थान पर रहकर फाइनल में पहुंचे। मेडल इवेंट शुक्रवार देर रात 12:45 बजे से खेला जाएगा। नीरज ने पहले प्रयास में 76.28 मीटर और दूसरे प्रयास में 79.61 मीटर का थ्रो किया। इसके बाद उन्होंने तीसरा प्रयास नहीं किया और पांचवें स्थान पर रहते हुए फाइनल के लिए क्वालिफाई कर लिया। भारत के रोहित यादव 78.37 मीटर के साथ नौवें और यश वीर सिंह 78.36 मीटर के साथ दसवें स्थान पर रहे। श्रीलंका के रुमेश पहले स्थान पर रहे क्वालिफिकेशन में श्रीलंका के रुमेश पाथिराजे 82.84 मीटर के साथ पहले स्थान पर रहे। ग्रेनाडा के एंडरसन पीटर्स (81.29 मीटर), साउथ अफ्रीका के डाउ स्मिट (80.64 मीटर) और इंग्लैंड के बेन ईस्ट (80.38 मीटर) ने भी नीरज से बेहतर प्रदर्शन किया। पाकिस्तान के अरशद नदीम दूसरे और तीसरे प्रयास में सुधार नहीं कर सके। उनका बेस्ट थ्रो पहले प्रयास का 78.63 मीटर रहा। इसी की बदौलत उन्होंने सातवें स्थान से फाइनल में प्रवेश किया। नीरज 90 मीटर पार करने वाले भारत के इकलौते जैवलिन थ्रोअर नीरज चोपड़ा ने 2025 दोहा डायमंड लीग में 90.23 मीटर का थ्रो कर नेशनल रिकॉर्ड बनाया था। वे 90 मीटर का आंकड़ा पार करने वाले भारत के इकलौते जैवलिन थ्रोअर हैं। टोक्यो ओलिंपिक 2020 में नीरज ने 87.58 मीटर के साथ गोल्ड मेडल जीता था। इसके अलावा वे वर्ल्ड एथलेटिक्स चैंपियनशिप 2023 और एशियन गेम्स 2023 में गोल्ड, जबकि पेरिस ओलिंपिक 2024 में सिल्वर मेडल जीत चुके हैं। ओलिंपिक से वर्ल्ड चैंपियन तक का सफर -------------------------------- स्पोर्ट्स की यह खबर भी पढ़ें… नीरज चोपड़ा कॉमनवेल्थ गेम्स में गोल्ड के लिए उतरेंगे कॉमनवेल्थ गेम्स के आठवें दिन भारत के नीरज चोपड़ा जैवलिन थ्रो फाइनल में गोल्ड मेडल के लिए उतरेंगे। भारत की ओर से रोहित यादव और यशवीर सिंह भी फाइनल में हिस्सा लेंगे। नीरज के सामने पाकिस्तान के मौजूदा ओलिंपिक चैंपियन अरशद नदीम और श्रीलंका के रुमेश पाथिराजे की चुनौती होगी।रुमेश ने क्वालिफिकेशन राउंड में 82.84 मीटर का थ्रो कर पहला स्थान हासिल किया था, जबकि अरशद सातवें स्थान पर रहे थे। पूरी खबर…

दैनिक भास्कर 31 Jul 2026 7:25 am

भारत-ब्राजील अक्टूबर में फुटबॉल मैदान पर होंगे आमने-सामने, जानिए कब और कहां खेला जाएगा फ्रेंडली मैच?

पांच बार की वर्ल्ड चैंपियन ब्राजील की सीनियर पुरुष नेशनल टीम अक्टूबर में भारत के दौरे पर आएगी। दोनों देशों के बीच 3 अक्टूबर को कोलकाता के विवेकानंद युवा भारती क्रीड़ांगन में एक फ्रेंडली मैच खेला जाएगा।

देशबन्धु 31 Jul 2026 4:40 am

नीरज चोपड़ा कॉमनवेल्थ गेम्स में गोल्ड के लिए उतरेंगे:जेवलिन फाइनल में पाकिस्तान के अरशद, श्रीलंकाई रुमेश से चुनौती; बॉक्सिंग में भारत के 10 सेमीफाइनल

कॉमनवेल्थ गेम्स के आठवें दिन भारत के नीरज चोपड़ा जैवलिन थ्रो फाइनल में गोल्ड मेडल के लिए उतरेंगे। भारत की ओर से रोहित यादव और यशवीर सिंह भी फाइनल में हिस्सा लेंगे। नीरज के सामने पाकिस्तान के मौजूदा ओलिंपिक चैंपियन अरशद नदीम और श्रीलंका के रुमेश पाथिराजे की चुनौती होगी।रुमेश ने क्वालिफिकेशन राउंड में 82.84 मीटर का थ्रो कर पहला स्थान हासिल किया था, जबकि अरशद सातवें स्थान पर रहे थे। भारत के 10 बॉक्सर आज सेमीफाइनल मुकाबले में उतरेंगे। टोक्यो ओलिंपिक मेडलिस्ट बॉक्सर लवलीना बोरगोहेन भी सेमीफाइनल खेलेंगी। क्वालिफिकेशन में पांचवें स्थान पर रहे नीरज क्वालिफिकेशन राउंड में नीरज ने पहले प्रयास में 76.28 मीटर और दूसरे प्रयास में 79.61 मीटर का थ्रो किया। इसके बाद उन्होंने तीसरा थ्रो नहीं किया। नीरज 79.61 मीटर के साथ पांचवें स्थान पर रहे और फाइनल में पहुंच गए। भारत के ही रोहित यादव 78.37 मीटर के साथ नौवें और यशवीर सिंह 78.36 मीटर के साथ दसवें स्थान पर रहे। दोनों भारतीय खिलाड़ियों ने भी फाइनल के लिए क्वालिफाई किया। नीरज ने अरशद को 10 बार पीछे छोड़ा नीरज और अरशद की पहली भिड़ंत 2016 साउथ एशियन गेम्स में हुई थी। इसके बाद दोनों 11 टूर्नामेंट में आमने-सामने आ चुके हैं। इनमें 10 बार नीरज ने अरशद को पीछे छोड़ा है। अरशद को एकमात्र सफलता पेरिस ओलिंपिक 2024 में मिली थी। तब उन्होंने 92.97 मीटर के ओलिंपिक रिकॉर्ड के साथ गोल्ड मेडल जीता था, जबकि नीरज ने 89.45 मीटर के साथ सिल्वर मेडल हासिल किया था। 90 मीटर पार करने वाले भारत के इकलौते जैवलिन थ्रोअर नीरज चोपड़ा ने 2025 दोहा डायमंड लीग में 90.23 मीटर का थ्रो कर नेशनल रिकॉर्ड बनाया था। वे 90 मीटर का आंकड़ा पार करने वाले भारत के इकलौते जैवलिन थ्रोअर हैं। टोक्यो ओलिंपिक 2020 में उन्होंने 87.58 मीटर के साथ गोल्ड मेडल जीता था। इसके अलावा नीरज वर्ल्ड एथलेटिक्स चैंपियनशिप 2023 और एशियन गेम्स 2023 में गोल्ड, जबकि पेरिस ओलिंपिक 2024 में सिल्वर मेडल जीत चुके हैं। बॉक्सिंग में भारत के 10 सेमीफाइनल बॉक्सिंग में भारत के 10 मुक्केबाज सेमीफाइनल मुकाबले खेलेंगे। इनमें प्रीति पवार, अंकुश पंघाल, जैस्मिन लांबोरिया, अरुंधति चौधरी और जदुमणि सिंह के मुकाबले शाम तक होंगे। जीत के साथ ये खिलाड़ी अपने-अपने वर्ग के फाइनल में पहुंच जाएंगे। देर रात साक्षी चौधरी, प्रिया घंघास, लवलीना बोरगोहेन, सचिन सिवाच और नरेंद्र बरवाल भी सेमीफाइनल में उतरेंगे। टोक्यो ओलिंपिक ब्रॉन्ज मेडलिस्ट लवलीना बोरगोहेन पर भी भारत की नजरें रहेंगी। वे 75 किलोग्राम वर्ग में चुनौती पेश करेंगी। जूडो और ट्रैक साइक्लिंग में भी भारतीय चुनौती जूडो में हर्ष सिंह, श्रद्धा चोपड़े, रोहित बसीर माजगुल, अस्मिता डे और यामिनी मौर्य अपने-अपने शुरुआती मुकाबले खेलेंगे। जीतने वाले खिलाड़ी अगले दौर में पहुंचेंगे। ट्रैक साइक्लिंग में दिनेश कुमार और रोजित यांगलेम 4000 मीटर इंडिविजुअल पर्स्यूट में उतरेंगे। वहीं डेविड बेकहम एल्काचोहतूंगो और जेम्श सिंह कीथेल्लाकराम पुरुष केरिन स्पर्धा में हिस्सा लेंगे। क्वालिफाई करने पर दोनों स्पर्धाओं के फाइनल भी आज ही खेले जाएंगे। लॉन बॉल्स में दो अहम मुकाबले लॉन बॉल्स में दिनेश कुमार और नवनीत सिंह की जोड़ी पुरुष पेयर्स सेक्शनल प्ले में फॉकलैंड आइलैंड्स का सामना करेगी। इसके बाद नयनमोनी सैकिया महिला सिंगल्स सेक्शनल प्ले में जाम्बिया की मिल्ड्रेड म्कंडाविरे के खिलाफ उतरेंगी। आज 22 गोल्ड मेडल इवेंट्स कॉमनवेल्थ गेम्स के आठवें दिन कुल 22 गोल्ड मेडल इवेंट्स होंगे। इनमें 10 एथलेटिक्स और पैरा एथलेटिक्स, 7 ट्रैक साइक्लिंग और पैरा ट्रैक साइक्लिंग तथा 5 जूडो स्पर्धाओं के गोल्ड मेडल मुकाबले शामिल हैं।

दैनिक भास्कर 31 Jul 2026 4:30 am

33 साल के सारांश टीम इंडिया में चुने गए:बोले- उम्र नहीं, प्रदर्शन मायने रखता है; पिता को कैंसर हुआ, तो क्रिकेट छोड़ दिया था

मध्यप्रदेश के स्पिन ऑलराउंडर सारांश जैन 33 साल की उम्र में भारतीय टेस्ट टीम में चुने गए हैं। चयन के बाद सारांश ने दैनिक भास्कर से खास बातचीत में कहा कि क्रिकेट में उम्र नहीं, बल्कि प्रदर्शन और फिटनेस मायने रखते हैं। सारांश ने बताया कि 2014-15 में पिता को कैंसर होने के बाद उन्होंने क्रिकेट छोड़ दिया था। हालांकि, पिता ने सर्जरी के बाद एक पर्ची लिखकर उन्हें क्रिकेट जारी रखने के लिए प्रेरित किया। सारांश आज भी उस संदेश को अपने साथ रखते हैं। सारांश ने श्रीलंका दौरे की तैयारी, परिवार के योगदान, फिटनेस और टेस्ट डेब्यू की उम्मीदों पर बात की। 3 चैप्टर में पढ़िए… सवाल: भारतीय टेस्ट टीम में चयन की खबर आपको कैसे मिली? जवाब: जब भारतीय टीम का ऐलान हुआ, तब मैं सुबह हनुमान मंदिर में था। मुझे पता था कि टीम दोपहर में घोषित होनी है। मंदिर से बाहर निकला तो कई मिस्ड कॉल और मैसेज थे। तभी टीममेट पार्थ साहनी का फोन आया। उन्होंने बधाई दी और बताया कि सिलेक्शन हो गया है। पहले तो मुझे विश्वास नहीं हुआ। पार्थ ने मुझे स्क्रीनशॉट भी भेजा। अपना नाम देखकर मैं बहुत ज्यादा खुश हो गया। कई सालों से मैं और मेरा परिवार इस पल का सपना देख रहे थे। वह मेरी जिंदगी के सबसे खुशी भरे पलों में से एक था। सवाल: सीधे टेस्ट टीम में जगह मिली है। क्या इसकी उम्मीद थी? जवाब: पिछले तीन-चार साल से मेरा प्रदर्शन अच्छा रहा है। सिलेक्टर्स ने उस प्रदर्शन को नोटिस किया और उसी का मुझे इनाम मिला। सवाल: 33 साल की उम्र में टेस्ट टीम में जगह मिलने की काफी चर्चा हो रही है, क्या कहेंगे? सारांश: मैं हमेशा कहता हूं कि उम्र सिर्फ एक नंबर है। आज के समय में अगर आप फिट हैं और मेहनत करते हैं तो मैदान पर उम्र दिखाई नहीं देती। मुझे भरोसा था कि आज नहीं, तो एक-दो साल में मैं भारत के लिए जरूर खेलूंगा। सवाल: आपका फिटनेस रूटीन और डाइट क्या है? जवाब : कुछ खास नहीं, हमारे ट्रेनर मयंक अग्रवाल जो भी बताते हैं, उसी के अनुसार ट्रेनिंग करता हूं। डाइट में भी उनकी सलाह मानता हूं। ज्यादा मीठा और ऑयली खाना नहीं खाता। सवाल: आपके करियर में चंद्रकांत पंडित की भूमिका कितनी अहम रही? जवाब: उन्होंने मुझे लगातार मौके दिए। जब वे एमपी के कोच बने तो उन्होंने मुझ पर भरोसा दिखाया। उन्होंने मंच दिया और मैंने उनको निराश नहीं किया। सवाल: टेस्ट टीम में जगह मिल गई है। डेब्यू को लेकर क्या सोच रहे हैं? जवाब: डेब्यू मेरे हाथ में नहीं है। यह फैसला कोच और कप्तान का होगा। हेड कोच गौतम भाई और शुभमन गिल दोनों काफी ओपन माइंडेड हैं। उनका जो भी फैसला होगा, मैं उसे खुशी-खुशी स्वीकार करूंगा। सवाल: अगर आपको डेब्यू कैप मिलती है तो आप इस सदी में भारत के लिए टेस्ट डेब्यू करने वाले सबसे उम्रदराज खिलाड़ी होंगे? जवाब: मेरे लिए यह बहुत गर्व की बात होगी। इससे उन घरेलू खिलाड़ियों को भी प्रेरणा मिलेगी, जिनकी उम्र थोड़ी ज्यादा हो गई है। सवाल: मौजूदा भारतीय टीम में कई स्पिन ऑलराउंडर हैं। आप खुद को कहां देखते हैं? जवाब: जहां भी टीम मुझे मौका देगी, मैं वहां अपना 100% दूंगा। किसी भी नंबर पर बल्लेबाजी करनी पड़े, मैं तैयार हूं। सवाल: रजत पाटीदार, वेंकटेश अय्यर और आवेश खान से कितनी प्रेरणा मिली? जवाब: बिल्कुल। जब आप उसी टीम में खेल रहे हों, जहां वेंकटेश अय्यर, आवेश खान, रजत पाटीदार जैसे खिलाड़ी हों, तो उन्हें देखकर काफी मोटिवेशन मिलता है। अगर वे यहां से भारतीय टीम तक पहुंच सकते हैं तो मैं भी पहुंच सकता हूं। सवाल: आपकी सफलता का सबसे बड़ा क्रेडिट किसे जाता है? जवाब: मैं अपनी सफलता का श्रेय परिवार और पत्नी को देता हूं। माता-पिता, भाई-बहनों ने हर कदम पर मेरा साथ दिया। शादी 2022 में हुई और उसके बाद जिंदगी में काफी बदलाव आए। मैं मजाक में पत्नी को अपना 'लेडी लक' कहता हूं। शादी के अगले ही दिन मुझे रणजी ट्रॉफी के चयन मैच के लिए जाना पड़ा। क्रिकेट की वजह से हम साथ ज्यादा समय नहीं बिता सके, लेकिन उन्होंने कभी शिकायत नहीं की और हमेशा मेरा साथ दिया। सवाल: आपके जीवन का सबसे कठिन दौर कौन सा था? जवाब: 2014-15 में पिता को मुंह का कैंसर हो गया था। उस समय परिवार और क्रिकेट के बीच संतुलन बनाना मुश्किल हो गया था। हालात ऐसे थे कि मैंने क्रिकेट छोड़ने तक का मन बना लिया था। सर्जरी के बाद पिता बोल नहीं सकते थे। उन्होंने एक कागज पर लिखकर मुझे संदेश दिया- 'मैं ठीक हूं बेटा, तुम बस अच्छा क्रिकेट खेलो, मैं जल्दी ठीक हो जाऊंगा।' वही चिट्ठी मेरे लिए सबसे बड़ी प्रेरणा बन गई। उसकी तस्वीर आज भी मेरे फोन में है। सवाल: क्रिकेट की शुरुआत कैसे हुई, किससे प्रेरित हुए? जवाब: मेरे पिता भी रणजी क्रिकेटर रहे हैं। क्रिकेट खेलने की प्रेरणा मुझे उन्हीं से मिली। वह भारत के लिए नहीं खेल पाए, इसलिए हमेशा चाहते थे कि मैं टीम इंडिया को रिप्रेजेंट करूं। भारतीय टीम में चयन मेरे साथ-साथ उनके सपने के पूरा होने जैसा भी है। ----------------------------------------------------- सारांश जैन से जुड़ी यह खबर भी पढ़िए… श्रीलंका टेस्ट सीरीज के लिए भारतीय टीम का ऐलान, सारांश जैन को मौका, जडेजा की वापसी BCCI ने श्रीलंका के खिलाफ दो टेस्ट मैचों की सीरीज के लिए भारतीय टीम का ऐलान कर दिया है। ऑलराउंडर रवींद्र जडेजा की टीम में वापसी हुई है। सारांश जैन को पहली बार टीम में शामिल किया गया है। शुभमन गिल कप्तान और केएल राहुल उपकप्तान होंगे। पढ़ें पूरी खबर

दैनिक भास्कर 31 Jul 2026 4:30 am

सीडब्ल्यूजी 2026: विमेंस डिस्कस थ्रो में भारत की सीमा को ब्रॉन्ज, चौथे स्थान पर रहीं निधि

कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में गुरुवार देर रात (भारतीय समय के अनुसार) स्कॉटस्टाउन स्टेडियम में आयोजित विमेंस डिस्कस थ्रो फाइनल में भारत की सीमा कालीरमन ने ब्रॉन्ज मेडल अपने नाम किया, जबकि निधि रानी चौथे स्थान पर रहीं। जमैका की सामंथा हॉल ने खिताब अपने नाम किया। वहीं, कनाडा की जूलिया टंक्स ने सिल्वर जीता

देशबन्धु 31 Jul 2026 3:47 am

सीडब्ल्यूजी 2026: वेटलिफ्टर लवप्रीत सिंह ने जीता सिल्वर, सिर्फ 1 किग्रा के अंतर से चूके 'गोल्ड'

वेटलिफ्टर लवप्रीत सिंह ने गुरुवार देर रात (भारतीय समय के अनुसार) भारत को कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 का सिल्वर मेडल दिलाया। लवप्रीत ने यह मेडल पुरुषों की 110+ किलोग्राम भार वर्ग प्रतियोगिता में जीता

देशबन्धु 31 Jul 2026 3:46 am

भारतीय हॉकी टीम का 'नीला रंग' देश की खेल विरासत से जुड़ी एक भावना है : नवीन पटनायक

वर्ल्ड कप से पहले भारतीय हॉकी टीमों की जर्सी का रंग 'नीले' से बदलकर 'केसरिया' करने पर ओडिशा के पूर्व मुख्यमंत्री नवीन पटनायक ने ऐतराज जताया है। उनका मानना है कि भारतीय हॉकी टीम का नीला रंग सिर्फ एक रंग नहीं है, बल्कि देश की खेल विरासत से जुड़ी एक भावना है।

देशबन्धु 31 Jul 2026 3:00 am

135वां डूरंड कप: एफसी रैंगडाई की इंडियन नेवी पर 1-0 से शानदार जीत

एफसी रैंगडाई ने गुरुवार को इंफाल के खुमान लम्पक मेन स्टेडियम में 135वें डूरंड कप के ग्रुप डी मैच में पिछले साल की क्वार्टर फाइनलिस्ट, इंडियन नेवी फुटबॉल टीम पर 1-0 से शानदार जीत के साथ डूरंड कप के अपने डेब्यू मैच को यादगार बना दिया। सबस्टिट्यूट खिलाड़ी के तौर पर आए खैदेम अमरजीत सिंह ने 58वें मिनट में गोल कर अपनी मणिपुरी टीम को जीत दिलाई।

देशबन्धु 31 Jul 2026 2:14 am

अंडर-17 वर्ल्ड रेसलिंग चैंपियनशिप: निकिता सहरावत ने जीता सिल्वर, कामना और गरिमा के नाम ब्रॉन्ज मेडल

अजरबैजान के बाकू में जारी अंडर-17 वर्ल्ड रेसलिंग चैंपियनशिप 2026 में भारत की महिला पहलवानों का शानदार प्रदर्शन रहा, जिन्होंने कड़े मुकाबले वाले वेट कैटेगरी में एक सिल्वर और दो ब्रॉन्ज मेडल जीते।

देशबन्धु 31 Jul 2026 2:09 am

2027 वनडे वर्ल्डकप के 12 होस्ट शहरों का ऐलान:साउथ अफ्रीका में 8 वेन्यू, जिम्बाब्वे-नामीबिया भी मेजबान; 24 साल बाद अफ्रीका में वर्ल्डकप

ICC ने 2027 वनडे वर्ल्ड कप के लिए 12 मेजबान शहरों का ऐलान कर दिया है। टूर्नामेंट 4 अक्टूबर से 21 नवंबर 2027 तक साउथ अफ्रीका, जिम्बाब्वे और नामीबिया में खेला जाएगा। 54 मैचों वाले इस वर्ल्ड कप के मैच साउथ अफ्रीका के 8 शहरों में होंगे। जिम्बाब्वे और नामीबिया को भी मेजबान होंगे। 24 साल बाद अफ्रीका में वनडे वर्ल्ड कप वनडे वर्ल्ड कप 24 साल बाद अफ्रीका लौट रहा है। इससे पहले 2003 वर्ल्ड कप की मेजबानी साउथ अफ्रीका, जिम्बाब्वे और केन्या ने मिलकर की थी। इसके बाद साउथ अफ्रीका ने 2007 टी-20 वर्ल्ड कप, 2023 महिला टी-20 वर्ल्ड कप और अंडर-19 वर्ल्ड कप की मेजबानी की। नामीबिया पहली बार किसी सीनियर ICC टूर्नामेंट की मेजबानी करेगा। इससे पहले उसने इसी साल जिम्बाब्वे के साथ मिलकर अंडर-19 वर्ल्ड कप आयोजित किया था। फाइनल जोहानसबर्ग या केपटाउन में खेला जाएगा साउथ अफ्रीका में जोहानसबर्ग, सेंचुरियन, डरबन, ग्केबेर्हा, कुगोम्पो सिटी, केपटाउन, पार्ल और ब्लोमफोंटेन मेजबान शहर होंगे। फाइनल मुकाबला वांडरर्स (जोहानसबर्ग) या न्यूलैंड्स (केपटाउन) में खेला जाएगा। जिम्बाब्वे के 3 शहर को मेजबानी जिम्बाब्वे के हरारे, बुलावायो और विक्टोरिया फॉल्स को भी मेजबानी मिली है। इन तीन शहरों में 7 से 10 मैच खेले जाएंगे। वहीं नामीबिया की राजधानी विंडहोक में कम से कम 3 मुकाबले आयोजित होंगे। विक्टोरिया फॉल्स पहली बार वर्ल्ड कप वेन्यू 12 शहरों में विक्टोरिया फॉल्स नया वेन्यू है। यहां 10 हजार दर्शकों की क्षमता वाला नया स्टेडियम बन रहा है। यह इस साल के आखिरी तक तैयार हो जाएगा। वॉर्म-अप मैच इन दो शहरों में साउथ अफ्रीका के बेनोनी और पोटचेफस्ट्रूम को वॉर्म-अप वेन्यू बनाया गया है। अगले साल होने वाले वर्ल्ड कप क्वालिफायर की मेजबानी भी ये शहर नामीबिया के साथ मिलकर कर सकते हैं। 2027 वर्ल्ड कप के 12 मेजबान शहर

दैनिक भास्कर 30 Jul 2026 10:51 pm

यूएई अंडर-19 विमेंस टी-20 वर्ल्ड कप के लिए क्वालिफाई:मलेशिया को 1 रन से हराकर जगह बनाई; 2027 में होगा अगला एडिशन

यूएई महिला क्रिकेट टीम ने मेजबान मलेशिया को 1 रन से हराकर ICC अंडर-19 विमेंस टी-20 वर्ल्ड कप के लिए क्वालीफाई कर लिया। एशिया क्वालिफायर का फाइनल बायुमास ओवल में खेला गया। यूएई पहले बल्लेबाजी करते हुए 19.3 ओवर में 95 रन पर ऑलआउट हो गई। हालांकि मलेशिया को 20 ओवर में 6 विकेट खोकर 94 रन के स्कोर पर रोककर मैच जीत लिया। आठ टीमों के इस रीजनल क्वालीफायर की शुरुआत 23 जुलाई को हुई थी। अंडर-19 विमेंस टी-20 वर्ल्ड कप के अब तक 2 एडिशन खेले गए हैं। 2023 और 2025 में दोनों बार भारत ने जीत दर्ज की थी। यूएई ने सभी 5 मुकाबले जीते यूएई ने पहले मुकाबले में हांगकांग चीन के खिलाफ डकवर्थ लुइस के तहत 37 रन से जीत दर्ज की। फिर मलेशिया को 39 रन और कतर को 81 रन से हराया। सेमीफाइनल में उन्होंने भूटान को 73 रन से हराकर फाइनल में जगह बनाई थी। फाइनल मैच में अल मसीरा जहांगीर ने बेहतरीन ऑलराउंड प्रदर्शन किया। उन्होंने 34 गेंदों पर 31 रन बनाने के साथ 12 रन देकर 2 विकेट लिए। उन्हें मैन ऑफ द मैच चुना गया। टूर्नामेंट में 16 टीमें हिस्सा लेंगी 2027 में होने वाला यह टूर्नामेंट ICC अंडर-19 महिला T20 वर्ल्ड कप का तीसरा एडिशन होगा। नेपाल और बांग्लादेश इसके को-होस्ट नेशन होंगे। इसमें कुल 16 टीमें हिस्सा लेंगी। -------------------------------------- स्पोर्ट्स की यह खबर भी पढ़ें… रहाणे का इंटरनेशनल क्रिकेट से संन्यास:2020 में टेस्ट में कप्तानी की, सीरीज जीती; 2018 में आखिरी वनडे खेला, 2023 से टेस्ट टीम में नहीं भारतीय बल्लेबाज अजिंक्य रहाणे ने गुरुवार को इंटरनेशनल क्रिकेट से संन्यास की घोषणा कर दी। भारत के लिए 85 टेस्ट, 90 वनडे और 20 टी-20 खेल चुके रहाणे ने इंस्टाग्राम पर वीडियो जारी कर इस फैसले की जानकारी दी। वे पिछले 3 साल से किसी भी फॉर्मेट में भारतीय टीम का हिस्सा नहीं थे। पूरी खबर पढ़ें…

दैनिक भास्कर 30 Jul 2026 9:00 pm

सीडब्ल्यूजी 2026: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गावित-बासिल की ऐतिहासिक 1-2 फिनिश की तारीफ की, श्रीशंकर को भी सराहा

नई दिल्ली, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुरुवार को भारतीय पैरा-एथलीट्स दिलीप महादु गावित और मोहम्मद बासिल मोर्सिंगनाकाथी को पुरुषों की टी47 100 मीटर स्पर्धा में ऐतिहासिक गोल्ड और सिल्वर मेडल जीतने पर बधाई दी।

देशबन्धु 30 Jul 2026 5:34 pm

श्रीजा अकुला : बड़ी बहन से मिली प्रेरणा, डब्ल्यूटीटी कंटेंडर का खिताब जीत रचा इतिहास

नई दिल्ली, श्रीजा अकुला की गिनती भारत की स्टार टेबल टेनिस खिलाड़ियों में की जाती है। शुरुआती संघर्ष के बाद श्रीजा ने इस खेल में अपनी कड़ी मेहनत और लगन के दम पर पहचान बनाई। उन्होंने कॉमनवेल्थ गेम्स में शरथ कमल के साथ मिलकर मिश्रित युगल स्पर्था में गोल्ड मेडल जीता।

देशबन्धु 30 Jul 2026 5:12 pm

कोलकाता में ब्राजील से भिड़ सकती है भारतीय फुटबॉल टीम:3 अक्टूबर को हो सकता है मुकाबला, आधिकारिक पुष्टि का इंतजार

पांच बार की वर्ल्ड चैंपियन ब्राजील की पुरुष फुटबॉल टीम 3 अक्टूबर को कोलकाता में भारत के खिलाफ इंटरनेशनल फ्रेंडली मैच खेल सकती है। ब्राजील के मीडिया आउटलेट GE Globo की रिपोर्ट के मुताबिक, यह मुकाबला ब्राजील के 2026 इंटरनेशनल कैलेंडर का हिस्सा है। हालांकि, AIFF और ब्राजीलियन फुटबॉल कन्फेडरेशन (CBF) ने अभी इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं की है। ऑस्ट्रेलिया दौरे के बाद भारत आएगी ब्राजील टीम रिपोर्ट के मुताबिक, ब्राजील टीम सितंबर-अक्टूबर फीफा विंडो में तीन इंटरनेशनल फ्रेंडली मैच खेलेगी। पहले दो मुकाबले 25 और 29 सितंबर को ऑस्ट्रेलिया के टाउन्सविले और ब्रिस्बेन में होंगे। इसके बाद 3 अक्टूबर को कोलकाता में भारत के खिलाफ तीसरा और आखिरी मैच प्रस्तावित है। लंबे समय से चल रही थी चर्चापिछले एक हफ्ते से ब्राजील के भारत दौरे को लेकर अटकलें तेज थीं। ईएसपीएन ब्राजील की शुरुआती रिपोर्ट्स में कहा गया था कि ब्राजीलियाई फुटबॉल परिसंघ (सीबीएफ) कोलकाता में एक फ्रेंडली मैच आयोजित करने के लिए बातचीत कर रहा है, हालांकि तब विरोधी टीम का नाम तय नहीं था। अब ताजा रिपोर्ट में भारत को प्रतिद्वंद्वी बताया गया है। कोलकाता और ब्राजील का पुराना रिश्ता कोलकाता का ब्राजील फुटबॉल से पुराना नाता रहा है। 1977 में फुटबॉल महानायक पेले न्यूयॉर्क कॉसमॉस की ओर से ईडन गार्डन्स में मोहन बागान के खिलाफ खेले थे। वर्ल्ड कप के दौरान भी कोलकाता में ब्राजील के लिए जबरदस्त दीवानगी देखने को मिलती है। शहर में ब्राजील के झंडे और खिलाड़ियों के कटआउट आम नजर आते हैं भारतीय फुटबॉल के लिए ऐतिहासिक मौका अगर यह मैच तय होता है तो यह भारतीय फुटबॉल इतिहास के सबसे बड़े इंटरनेशनल मुकाबलों में से एक होगा। पहली बार ब्राजील की सीनियर पुरुष टीम भारत के खिलाफ भारतीय सरजमीं पर खेलेगी। भारतीय टीम के लिए भी दुनिया की सबसे सफल फुटबॉल टीम के खिलाफ अपनी तैयारियों और स्तर को परखने का बड़ा अवसर होगा। आधिकारिक घोषणा का इंतजार फिलहाल दोनों फुटबॉल संघों के बीच एग्रीमेंट और कॉन्ट्रैक्ट की अंतिम प्रक्रिया चल रही है। आधिकारिक मंजूरी मिलने के बाद मैच के वेन्यू, समय और टिकट से जुड़ी जानकारी जारी की जाएगी। यदि रिपोर्ट सही साबित होती है, तो कोलकाता में विश्व फुटबॉल के कई बड़े सितारे एक्शन में नजर आ सकते हैं। --------------------------------------------------- स्पोर्ट्स की यह खबर भी पढ़ें… रहाणे का अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से संन्यास, भावुक हुए, VIDEO:बोले- अब नया पड़ाव; 2020 में कप्तानी की, मेलबर्न में सेंचुरी, सीरीज 2-1 से जीते भारतीय बल्लेबाज अजिंक्य रहाणे ने गुरुवार को इंटरनेशनल क्रिकेट से संन्यास की घोषणा की है। भारत के लिए 85 टेस्ट, 90 वनडे और 20 टी-20 खेल चुके रहाणे ने इंस्टाग्राम अकाउंट पर एक वीडियो जारी कर इस फैसले की जानकारी दी। वीडियो में 38 साल के राहणे ने भावुक होते हुए कहा कि अब उनके लिए आगे बढ़ने का यही सही समय है। पूरी खबर

दैनिक भास्कर 30 Jul 2026 2:36 pm

भारतीय हॉकी टीम की जर्सी का रंग बदलने पर भड़के पूर्व कप्तान वीरेन रस्किन्हा, बोले- यह शर्मनाक है

नई दिल्ली, भारतीय पुरुष हॉकी टीम के पूर्व कप्तान वीरेन रस्किन्हा ने भारतीय हॉकी टीम की नई जर्सी को लेकर सवाल खड़े किए हैं। वीरेन टीम की जर्सी का रंग नीले से ऑरेंज किए जाने से काफी नाखुश हैं। उन्होंने हॉकी इंडिया के इस कदम को शर्मनाक बताया है।

देशबन्धु 30 Jul 2026 1:07 pm

निकोला ओलिस्लेगर्स ने कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में जीता सिल्वर:वर्ल्ड चैम्पियन हाई जंपर की कामयाबी का राज नोटबुक; जंप का हिसाब रख बनीं बेहतर

ऑस्ट्रेलिया की निकोला ओलिस्लेगर्स अगर वर्ल्ड-क्लास हाई जंपर नहीं होतीं, तो शायद एक बेहतरीन वक्ता या विश्लेषक होतीं। किसी भी प्रतियोगिता के बाद जब वह मीडिया से बात करती हैं, तो अपनी परफॉर्मेंस का बेहद बारीकी से विश्लेषण करती हैं। उनका मानना है कि दबाव यह उजागर कर देता है कि आपके भीतर असल में क्या चल रहा है। तीन बार की वर्ल्ड चैम्पियन और दो बार की ओलिंपिक मेडलिस्ट निकोला की सफलता का सबसे बड़ा राज एक छोटी-सी नोटबुक है। जब भी निकोला कोई जंप लगाती हैं, तो अपनी डायरी निकालकर उसे 10 में से नंबर देती हैं। वह अपनी हर छलांग को नौ अलग-अलग तकनीकी पैमानों पर परखती हैं, जैसे बार की तरफ दौड़ने की रफ्तार, टेक-ऑफ के समय शरीर का झुकाव और जंपिंग टेक्निक। हर नंबर के नीचे वे अगली छलांग के लिए एक छोटा-सा निर्देश भी लिखती हैं। निकोला का मानना है कि डायरी में खराब स्कोर का सीधा मतलब है कि अभी और मेहनत करनी है। ज्यूरिख में डायमंड लीग फाइनल्स में जब उन्होंने 2.02 मीटर और 2.04 मीटर की ऊंचाई पार की, तो उन्होंने खुद को 10 में से 10 अंक दिए थे। वे कहती हैं कि उनके लिए एक परफेक्ट 10/10 वाली छलांग किसी पर्सनल रिकॉर्ड से कहीं ज्यादा अहम है, क्योंकि इसका मतलब है कि उन्होंने अपनी टेक्निक को पूरी तरह से साध लिया है। इसी रणनीति की बदौलत निकोला ने ज्यूरिख में 2.04 मीटर की छलांग लगाकर ओलिंपिक चैम्पियन यारोस्लावा महुचिख को भी मात दी थी। 6.1 फीट लंबी निकोला हाई जंप को पूरी तरह से तकनीकी खेल मानती हैं। हालांकि, 29 साल की यह एथलीट अपने अभ्यास के दौरान बहुत ज्यादा जंप नहीं करती हैं। वे साल के कुछ ही महीने जंपिंग का अभ्यास करती हैं। बाकी समय जिम में अपनी ताकत बढ़ाने और स्प्रिंटिंग पर ध्यान देती हैं। सप्ताह में सिर्फ एक दिन वह जंप की प्रैक्टिस करती हैं और उस सेशन में भी मुश्किल से 10 छलांगें ही लगाती हैं। ग्लोबल स्टेज पर लगातार 7वां पोडियम फिनिश ग्लोबल स्टेज पर लगातार सातवीं बार पोडियम फिनिश करते हुए निकोला ने ग्लासगो में सिल्वर मेडल पर कब्जा जमाया। यहां उन्होंने 1.93 मीटर की छलांग लगाई और सिर्फ 3 सेंटीमीटर से गोल्ड जीतने से चूक गईं। यह मेडल खास है क्योंकि 2022 बर्मिंघम गेम्स में उन्हें पिंडली की चोट के कारण फाइनल से पहले नाम वापस लेना पड़ा था।

दैनिक भास्कर 30 Jul 2026 12:52 pm

भारतीय हॉकी टीम की नई जर्सी पर विवाद:नारंगी रंग की किट पर पूर्व कप्तान विरेन रासकिन्हा ने सवाल उठाए, कहा- नीली जर्सी ही टीम की असली पहचान

FIH हॉकी वर्ल्ड कप 2026 से पहले भारतीय हॉकी टीम की जर्सी को लेकर विवाद खड़ा हो गया है। दशकों से नीली जर्सी में खेलने वाली भारतीय टीम अब वर्ल्ड कप में नारंगी रंग की किट में नजर आएगी। भारतीय हॉकी के दिग्गज और पूर्व कप्तान विरेन रास्किन्हा ने जर्सी का रंग बदलने के फैसले पर सवाल उठाए हैं। वहीं, हॉकी इंडिया के अध्यक्ष दिलीप कुमार टिर्की ने इस फैसले का बचाव किया है। हॉकी इंडिया ने 27 जुलाई को पुरुष और महिला टीमों की नई जर्सी लॉन्च की थी। पूर्व कप्तान ने फैसले को बताया शर्मनाक भारतीय हॉकी के दिग्गज खिलाड़ी और पूर्व कप्तान विरेन रासकिन्हा ने इस फैसले का विरोध किया है। उन्होंने सोशल मीडिया पर अपनी नाराजगी जाहिर करते हुए कहा कि भारतीय टीम की पहचान हमेशा नीली जर्सी रही है और इसे बदलने का कोई तर्क समझ नहीं आता।रासकिन्हा ने एक्स (X) पर लिखा- विरेन ने एथेंस ओलिंपिक में भारत का प्रतिनिधित्व किया विरेन रासकिन्हा जूनियर वर्ल्ड कप 2001 जीतने वाली टीम के सदस्य थे और सीनियर टीम की कप्तानी भी कर चुके हैं। उन्होंने एथेंस ओलिंपिक 2004, मेंस हॉकी वर्ल्ड कप 2006 और चैंपियंस ट्रॉफी में भारत का प्रतिनिधित्व किया है। उन्हें अपने दौर के बेस्ट मिडफील्डर्स में गिना जाता है। टिर्की बोले- खिलाड़ियों की पसंद थी, वर्ल्ड कप के बाद बदल सकते हैं हॉकी इंडिया के अध्यक्ष दिलीप कुमार टिर्की ने कहा कि यह फैसला खिलाड़ियों, कप्तानों, कोच और सपोर्ट स्टाफ के सुझाव पर लिया गया। उन्होंने कहा कि अगर वर्ल्ड कप के बाद खिलाड़ियों को यह जर्सी पसंद नहीं आती है तो भविष्य में इसे बदला भी जा सकता है। भारत ने 1975 में वर्ल्ड कप जीता था FIH मेंस हॉकी वर्ल्ड कप 2026 टूर्नामेंट का 16वां संस्करण होगा। इंटरनेशनल हॉकी महासंघ (FIH) की ओर से आयोजित यह टूर्नामेंट 14 से 30 अगस्त 2026 तक बेल्जियम के वावरे और नीदरलैंड्स के एम्स्टेलवीन में खेला जाएगा। भारत ने अपना आखिरी और इकलौता हॉकी वर्ल्ड कप खिताब 1975 में जीता था। टीम करीब 50 साल बाद फिर से वर्ल्ड चैंपिंयन बनने का सपना लेकर मैदान में उतरेगी। प्रियंका गांधी ने भी आलोचना की कांग्रेस सांसद प्रियंका गांधी ने भारतीय हॉकी टीम की जर्सी का रंग नीले से नारंगी किए जाने की आलोचना की। उन्होंने कहा कि देश की पहचान अहिंसा, सत्य और भाईचारे जैसे मूल्यों से जुड़ी है और इन्हें बदला नहीं जा सकता। --------------------- स्पोर्ट्स की यह खबर भी पढ़ें… नीरज चोपड़ा कॉमनवेल्थ गेम्स में 8 साल बाद खेलेंगे भारत के जैवलिन थ्रोअर नीरज चोपड़ा कॉमनवेल्थ गेम्स में 8 साल बाद आज उतरेंगे। गेम्स के आठवें दिन वे जैवलिन थ्रो के क्वालिफाइंग राउंड में खेलेंगे। नीरज की सबसे बड़ी चुनौती पाकिस्तान के ओलिंपिक चैंपियन अरशद नदीम होंगे। पूरी खबर…

दैनिक भास्कर 30 Jul 2026 12:35 pm

भारतीय हॉकी टीम की नई जर्सी पर विवाद:भगवा रंग की किट पर पूर्व कप्तान विरेन रासकिन्हा ने सवाल उठाए, कहा- नीली जर्सी ही टीम की असली पहचान

FIH हॉकी वर्ल्ड कप 2026 से पहले भारतीय हॉकी टीम की जर्सी को लेकर विवाद खड़ा हो गया है। दशकों से नीली जर्सी में खेलने वाली भारतीय टीम अब वर्ल्ड कप में भगवा रंग की किट पहनती नजर आएगी। हॉकी इंडिया के इस फैसले ने खेल जगत में बहस छेड़ दी है। पूर्व कप्तान ने फैसले को बताया शर्मनाक भारतीय हॉकी के दिग्गज खिलाड़ी और पूर्व कप्तान विरेन रासकिन्हा ने इस फैसले का विरोध किया है। उन्होंने सोशल मीडिया पर अपनी नाराजगी जाहिर करते हुए कहा कि भारतीय टीम की पहचान हमेशा नीली जर्सी रही है और इसे बदलने का कोई तर्क समझ नहीं आता। रासकिन्हा ने एक्स (X) पर लिखा, हॉकी इंडिया ने भारत के लिए कई अच्छे काम किए हैं, लेकिन यह फैसला शर्मनाक है। उन्होंने कहा कि मैंने कई वर्षों तक गर्व के साथ नीली जर्सी पहनी है और प्रशंसक भी टीम को इसी रंग में देखना चाहते हैं। उन्होंने सवाल उठाया कि आखिर नारंगी या भगवा रंग का तर्क क्या है। विरासत और पहचान का मुद्दा विरेन रासकिन्हा का मानना है कि नीली जर्सी सिर्फ एक रंग नहीं, बल्कि दशकों से बनी टीम की पहचान और विरासत का हिस्सा है। ओलंपिक से लेकर विश्व कप और एशियाई खेलों तक दुनिया ने भारतीय टीम को इसी रंग में देखा है। विश्व कप जैसे बड़े टूर्नामेंट से ठीक पहले जर्सी का रंग बदलने का फैसला कई पूर्व खिलाड़ियों और प्रशंसकों को हैरान कर रहा है। रासकिन्हा की टिप्पणी इसलिए भी अहम है क्योंकि वे भारतीय हॉकी के स्वर्णिम दौर का हिस्सा रहे हैं। वे जूनियर विश्व कप 2001 जीतने वाली टीम के सदस्य थे और सीनियर टीम की कप्तानी भी कर चुके हैं। उन्होंने एथेंस ओलंपिक 2004, मेन्स हॉकी विश्व कप 2006 और चैम्पियंस ट्रॉफी में भारत का प्रतिनिधित्व किया है। उन्हें अपने दौर के सर्वश्रेष्ठ मिडफील्डर्स में गिना जाता है। विश्व कप की तैयारियों में जुटी टीम जर्सी को लेकर विवाद के बीच भारतीय टीम विश्व कप की तैयारियों में पूरी तरह जुटी है। मुख्य कोच क्रेग फुल्टन टीम की रणनीति, फिटनेस और मानसिक मजबूती पर काम कर रहे हैं। हाल ही में कप्तान हरमनप्रीत सिंह की अगुवाई में टीम ने स्विट्जरलैंड में पैडी अप्टन के साथ तीन दिन का विशेष प्रशिक्षण शिविर लगाया था। इसके अलावा टीम पेनल्टी कॉर्नर, सेट-पीस और मैच फिटनेस पर भी खास फोकस कर रही है। बेल्जियम और नीदरलैंड्स में होने वाले एफआईएच हॉकी विश्व कप 2026 में भारतीय टीम का लक्ष्य इतिहास रचना है। भारत ने अपना आखिरी और इकलौता हॉकी विश्व कप खिताब 1975 में जीता था। टीम करीब 50 साल बाद फिर से विश्व चैम्पियन बनने का सपना लेकर मैदान में उतरेगी।

दैनिक भास्कर 30 Jul 2026 12:35 pm

रहाणे का अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से संन्यास:बोले- अब नया पड़ाव; 2020 के ऑस्ट्रेलिया दौरे में कप्तानी की, मेलबर्न में सेंचुरी, सीरीज 2-1 जीते

भारतीय बल्लेबाज अजिंक्य रहाणे ने इंटरनेशनल क्रिकेट से संन्यास की घोषणा कर दी है। भारत के लिए 85 टेस्ट, 90 वनडे और 20 टी-20 खेल चुके रहाणे ने अपने आधिकारिक इंस्टाग्राम अकाउंट पर एक वीडियो जारी कर इस फैसले की जानकारी दी। रहाणे ने कहा कि अब उनके लिए आगे बढ़ने का यही सही समय है। शुरुआत होती है और एक अंत भी होता है रहाणे ने वीडियो में कहा, जिंदगी की सच्चाई यही है कि हर चीज की शुरुआत होती है और अंत भी होता है। जब समय आता है, तो हमें बस उसका सम्मान करना होता है और आगे बढ़ना होता है। मैंने अपनी बल्लेबाजी में हमेशा टाइमिंग पर भरोसा किया है और इसकी अहमियत समझी है। आज मुझे लगता है कि इंटरनेशनल क्रिकेट और सभी फॉर्मेट से संन्यास लेने का यह सही समय है। अगली पीढ़ी की मदद करेंगे रहाणे संन्यास के बाद अपनी भविष्य की योजनाओं पर बात करते हुए रहाणे ने स्पष्ट किया कि खेल के साथ उनका सफर खत्म नहीं हुआ है। उन्होंने कहा, एक भारतीय क्रिकेटर के रूप में मेरा अध्याय भले ही समाप्त हो रहा हो, लेकिन इस खेल के साथ मेरी यात्रा जारी रहेगी। मैं अगली पीढ़ी की मदद करने, इस खेल से सीखे मूल्यों को साझा करने और उस खेल को वापस लौटाने के लिए तत्पर हूं जिसने मुझे सब कुछ दिया है। रहाणे की कप्तानी बनी यादगार रहाणे के करियर का सबसे सुनहरा अध्याय 2020-21 के ऑस्ट्रेलिया दौरे पर लिखा गया। बॉर्डर-गावस्कर ट्रॉफी के एडिलेड टेस्ट में भारत के महज 36 रन पर ऑलआउट होने और विराट कोहली के स्वदेश लौटने के बाद रहाणे ने टीम की कमान संभाली। इसके बाद मेलबर्न टेस्ट में उन्होंने शानदार शतक जड़ते हुए भारत को जीत दिलाई और सीरीज में 1-1 की बराबरी पर ला खड़ा किया। रहाणे की कप्तानी में युवा खिलाड़ियों से सजी भारतीय टीम ने इसके बाद ब्रिस्बेन के गाबा मैदान पर इतिहास रच दिया। भारत ने ऑस्ट्रेलिया को उसी के घर में 2-1 से टेस्ट सीरीज हराकर न सिर्फ गाबा का 32 साल पुराना अजेय रिकॉर्ड तोड़ा, बल्कि इस जीत को भारतीय क्रिकेट की सबसे यादगार विदेशी जीतों में शामिल कर दिया। 2011 में इंटरनेशनल डेब्यू, 2023 में खेला आखिरी टेस्ट रहाणे ने भारत के लिए इंटरनेशनल क्रिकेट में 2011 में डेब्यू किया था। उन्होंने पहला वनडे 3 सितंबर 2011 को इंग्लैंड के खिलाफ चेस्टर-ले-स्ट्रीट में खेला, जबकि टी-20 इंटरनेशनल में डेब्यू 31 अगस्त 2011 को मैनचेस्टर में इंग्लैंड के खिलाफ किया। रहाणे ने टेस्ट क्रिकेट में 22 मार्च 2013 को दिल्ली में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ पहला मैच खेला। उनका आखिरी टेस्ट 20-24 जुलाई 2023 के बीच पोर्ट ऑफ स्पेन में वेस्टइंडीज के खिलाफ रहा। वनडे में उन्होंने अपना आखिरी मुकाबला 16 फरवरी 2018 को सेंचुरियन में साउथ अफ्रीका के खिलाफ खेला, जबकि टी-20 इंटरनेशनल में आखिरी बार 28 अगस्त 2016 को लॉडरहिल में वेस्टइंडीज के खिलाफ भारतीय टीम का प्रतिनिधित्व किया। 6 टेस्ट में कप्तानी की और 4 जीते रहाणे ने क्रिकेट के तीनों फॉर्मेट में टीम इंडिया की कप्तानी की। टेस्ट क्रिकेट में रहाणे ने 6 मैचों में भारत की कप्तानी की। इनमें टीम ने 4 मुकाबले जीते, जबकि 2 टेस्ट ड्रॉ रहे। वनडे में उन्होंने 3 मैचों में टीम की कमान संभाली और भारत ने तीनों मुकाबले जीते। वहीं, टी-20 इंटरनेशनल में रहाणे ने 2 मैचों में कप्तानी की, जिसमें भारत को 1 जीत और 1 हार मिली।

दैनिक भास्कर 30 Jul 2026 10:19 am