दरअसल, वैभव सूर्यवंशी अपनी अक्रामक बल्लेबाजी के लिए जाने जाते हैं। टेस्ट क्रिकेट में अगर वह अपना स्वाभाविक खेल खेलते हैं तो वह पूरी दुनिया को रोमांचित कर सकते हैं। हालांकि, टेस्ट क्रिकेट में यह इतना आसान नहीं रहने वाला है क्योंकि इस प्रारुप में विकेट पर पैर जमाने वाला बल्लेबाज चाहिए होता है।
भारत बनाम श्रीलंका: कोलंबो टेस्ट पर बारिश का साया, जानिए पांचों दिन कैसा रहेगा मौसम का हाल
भारत और श्रीलंका के बीच दूसरा टेस्ट मैच रविवार (23 अगस्त) से कोलंबो के सिंहली क्रिकेट स्टेडियम में खेला जाएगा। हालांकि, गाले की तरह इस टेस्ट मुकाबले पर भी बारिश का साया मंडरा रहा है।
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साउथ अफ्रीका दो बार के वर्ल्ड चैंपियन बॉक्सर जोलानी टेटे की गोली मारकर हत्या कर दी गई। 38 साल के टेटे को शुक्रवार को ईस्टर्न केप के मडांत्साने में उनके घर के बाहर निशाना बनाया गया। वह अपनी कार में बैठे थे और घर का गेट खुलने का इंतजार कर रहे थे। तभी बलाक्लावा पहने दो हथियारबंद लोगों ने उनकी कार पर कई गोलियां चला दीं। हमले में टेटे के साथ कार में मौजूद 27 साल की महिला भी घायल हुई। उसे कई गोलियां लगी हैं और अस्पताल में भर्ती कराया गया है। दोनों हमलावर मौके से भाग गए। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। अभी तक किसी की गिरफ्तारी नहीं हुई है। 2007 में पहला वर्ल्ड टाइटल जीता टेटे ने अलग-अलग वेट कैटेगरी में वर्ल्ड टाइटल जीते थे। उन्होंने 2007 और 2008 में वर्ल्ड टाइटल अपने नाम किया। इसके बाद 2017 और 2019 में उन्होंने वर्ल्ड बॉक्सिंग ऑर्गनईजेशन में वर्ल्ड टाइटल जीता। टेटे को बॉक्सिंग में ‘लास्ट बॉर्न’ के नाम से जाना जाता था। 11 सेकेंड में नॉकआउट, वर्ल्ड रिकॉर्ड बनाया टेटे के नाम वर्ल्ड टाइटल फाइट में सबसे तेज नॉकआउट का रिकॉर्ड भी है। उन्होंने 2017 में साउथ अफ्रीका के सिबोनिसो गोन्या को सिर्फ 11 सेकंड में नॉकआउट कर दिया था। इस प्रदर्शन के साथ उन्होंने वर्ल्ड टाइटल फाइट में सबसे तेज नॉकआउट का गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड बनाया। आखिरी मुकाबला 2022 में खेला टेटे ने अपना आखिरी मुकाबला जुलाई 2022 में लंदन के वेम्बली एरिना में ब्रिटेन के जेसन कनिंघम के खिलाफ खेला था। उन्होंने यह मुकाबला नॉकआउट से जीता था। हालांकि, बाद में डोपिंग टेस्ट में उनके सैंपल में एनाबॉलिक स्टेरॉयड स्टैनोजोलोल मिला। इसके बाद यूके एंटी-डोपिंग एजेंसी ने उन पर चार साल का बैन लगाया। जुलाई 2026 में खत्म हुआ था बैन टेटे का चार साल का बैन 29 जुलाई 2026 को खत्म हुआ था। वह बैन खत्म होने के बाद रिंग में वापसी की तैयारी कर रहे थे। उनके मैनेजर मिला तेंगिमफेने ने बताया कि टेटे वापसी के मुकाबले के लिए ट्रेनिंग कर रहे थे। टेटे ने जनवरी में भी कहा था कि वह रिंग में वापसी करना चाहते हैं। उन्होंने कहा था कि उनका प्लान अभी पूरा नहीं हुआ है और वह वापसी के मुकाबले का इंतजार कर रहे हैं। करियर में 29 जीत, 4 हार टेटे ने प्रोफेशनल करियर में कुल 34 मुकाबले खेले। इनमें उन्होंने 29 मुकाबले जीते। उन्हें 4 मुकाबलों में हार मिली, जबकि 1 मुकाबला नो-कॉन्टेस्ट रहा। मंत्री बोले- देश ने बेहतरीन फाइटर्स में से एक खोया साउथ अफ्रीका के खेल, कला और संस्कृति मंत्री गेटन मैकेंजी ने टेटे की मौत पर दुख जताया। उन्होंने कहा कि देश ने अपने सबसे बेहतरीन फाइटर्स में से एक को खो दिया है। मैकेंजी ने टेटे के परिवार और मडांत्साने के लोगों के प्रति संवेदना जताई। उन्होंने कहा कि देश टेटे के नाम और उनकी विरासत को हल्के में नहीं लेगा।
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भारतीय क्रिकेट के टाइटल स्पॉन्सर के अधिकारों के लिए बोली प्रक्रिया अभी खुली हुई है। अब तक इन्हें खरीदने में किसी कंपनी की खास दिलचस्पी सामने नहीं आई है। BCCI ने बोली जमा करने की आखिरी तारीख 13 अगस्त तय की थी। Cricbuzz के मुताबिक, या तो कोई बोली नहीं मिली या मिली बोलियां बोर्ड की उम्मीदों पर खरी नहीं उतरीं। इस रेस में गूगल का एआई ब्रांड 'Gemini' सबसे आगे नजर आ रहा है, जो हाल ही में कई बड़े स्पोर्ट्स इवेंट्स से जुड़ा है। इसके अलावा, सरकारी क्षेत्र की बड़ी बीमा कंपनी 'SBI Life' से भी BCCI की चर्चा चल रही है। बेस प्राइस 4.85 करोड़ रुपए प्रति मैच दिलचस्पी कम रहने की मुख्य वजह बेस प्राइस को माना जा रहा है। BCCI ने इसे 4.85 करोड़ रुपए प्रति मैच रखा है, जो मौजूदा अधिकार मूल्य 4.2 करोड़ रुपए से करीब 15.5% ज्यादा है। मौजूदा अधिकार धारक IDFC First Bank BCCI को हर घरेलू मैच के लिए 4.2 करोड़ रुपए देता है। बैंक ने ठीक तीन साल पहले ये अधिकार जीते थे। इस बार BCCI केवल दो साल के लिए अधिकार बेच रहा है। यह अवधि 31 मार्च 2028 तक होगी और इसमें करीब 35 घरेलू अंतरराष्ट्रीय मैच शामिल होंगे। इनमें 10 टेस्ट, 12 वनडे और 13 टी20 इंटरनेशनल मैच होंगे। BCCI ने अपने ITT में कहा, “सिर्फ टेंडर प्रक्रिया के लिए और BCCI की ओर से किसी प्रतिनिधित्व, वारंटी, प्रतिबद्धता या न्यूनतम गारंटी के बिना, BCCI को फिलहाल उम्मीद है कि अधिकार अवधि के दौरान करीब 35 (पैंतीस) चार्जेबल मैच कराए जा सकते हैं। यह BCCI की पूरी तरह अपने विवेक से तय होने वाली अंतिम समय-सारिणी के अधीन होगा।” पिछली अवधि में 55 इंटरनेशनल मैच थे पिछली अवधि में 55 इंटरनेशनल मैच हुए थे। इसके लिए IDFC First Bank को करीब 231 करोड़ रुपए खर्च करने पड़े थे। अगर नया स्पॉन्सर बेस प्राइस पर अधिकार हासिल करता है, तो BCCI को दो साल में टाइटल स्पॉन्सरशिप से कम से कम 171 करोड़ रुपए मिलेंगे। अगर बोली बेस प्राइस से ज्यादा रही, तो BCCI की कमाई भी इससे ज्यादा होगी। इस अधिकार के लिए कई पार्टियों ने ITT खरीदा है। यह दस्तावेज 20 जुलाई को 1 लाख रुपए की गैर-वापसी योग्य फीस पर बिक्री के लिए रखा गया था। GroupM, ITW और Sporty Solutions जैसी पार्टियों और एजेंसियों ने ITT दस्तावेज खरीदा है। इसे खरीदने की आखिरी तारीख 5 अगस्त थी। पहला घरेलू इंटरनेशनल 27 सितंबर को BCCI के पास सौदे पर बातचीत के लिए समय है, क्योंकि सीजन का पहला घरेलू इंटरनेशनल मैच 27 सितंबर को होगा। उस दिन वेस्टइंडीज भारत दौरे पर आएगा। सितंबर के बीच में अफगानिस्तान के खिलाफ तीन मैचों की टी20 सीरीज भी खेली जाएगी। हालांकि, ये अफगानिस्तान क्रिकेट बोर्ड के घरेलू मैच होंगे। एसोसिएट पार्टनर अधिकारों के लिए भी RFQ पिछली प्रक्रियाओं से अलग इस बार BCCI ने अपने आयोजनों के एसोसिएट पार्टनर अधिकारों के लिए भी रिक्वेस्ट फॉर कोटेशन (RFQ) जारी किया है। इसके लिए बोली जमा करने की आखिरी तारीख 25 अगस्त है। एसोसिएट पार्टनर का चयन टाइटल स्पॉन्सर तय होने के बाद ही किया जा सकता है। टाइटल स्पॉन्सर और एसोसिएट पार्टनर एक ही सेक्टर से नहीं हो सकते। BCCI ने इस कैटेगरी के लिए अलग-अलग रिजर्व प्राइस तय किए हैं। इसमें पेय पदार्थों के ब्रांड्स को ज्यादा रकम देनी होगी। BCCI ने कहा, “अधिकार अवधि के दौरान हर चार्जेबल मैच के अधिकारों के लिए रिजर्व प्राइस 95 लाख रुपए प्रति चार्जेबल मैच है।” बोर्ड ने आगे कहा, “अगर एसोसिएट पार्टनर का ब्रांड या प्रोडक्ट कैटेगरी ठंडे पेय पदार्थों की है, तो रिजर्व प्राइस 1.15 करोड़ रुपए प्रति चार्जेबल मैच होगा।”
टीम इंडिया के हेड कोच गौतम गंभीर ने टेस्ट टीम के हालिया प्रदर्शन पर हो रही आलोचना का जवाब दिया है। उन्होंने कहा कि उनका काम रैंकिंग या सोशल मीडिया के लाइक्स-व्यूज देखना नहीं, बल्कि टीम को ट्रॉफी जिताना है। श्रीलंका के खिलाफ दूसरे टेस्ट से पहले कोलंबो में गंभीर ने कहा कि भारत टेस्ट क्रिकेट में संघर्ष नहीं कर रहा है। टीम बदलाव के दौर से गुजर रही है। भारत ने गॉल में पहला टेस्ट 165 रन से जीता था। दूसरा टेस्ट 23 अगस्त से कोलंबो में खेला जाएगा। रोहित-कोहली और अश्विन के जाने के बाद बदलाव भारत की टेस्ट टीम में पिछले कुछ समय में बड़े बदलाव हुए हैं। रोहित शर्मा, विराट कोहली और रविचंद्रन अश्विन टेस्ट क्रिकेट से रिटायर हो चुके हैं। इसके बाद टीम में नए खिलाड़ियों को जगह मिली है। इसी दौर में भारत को न्यूजीलैंड और साउथ अफ्रीका के खिलाफ घरेलू सीरीज में हार मिली। ऑस्ट्रेलिया दौरे पर भी टीम को हार का सामना करना पड़ा। कप्तान गिल, पडिक्कल और सुथार पर भरोसा नई टीम में शुभमन गिल कप्तान की भूमिका निभा रहे हैं। वह नंबर-4 पर भी बल्लेबाजी कर रहे हैं। देवदत्त पडिक्कल ने नंबर-3 पर अपनी जगह बनाने की कोशिश की है। उन्होंने श्रीलंका के खिलाफ 167 रन बनाए थे। वहीं मानव सुथार ने अपने शुरुआती टेस्ट मैचों में प्रभावित किया है। कुलदीप या सारांश, 20 विकेट लेने वाला अटैक चुनेगी टीम दूसरे टेस्ट में कुलदीप यादव और सारांश जैन में से किसे मौका मिलेगा, यह अभी साफ नहीं है। गंभीर ने कहा कि टीम ऐसा गेंदबाजी कॉम्बिनेशन चुनेगी, जो मैच में 20 विकेट ले सके। गॉल टेस्ट में कुलदीप ने दोनों पारियों में 25 ओवर गेंदबाजी की थी। उन्हें सिर्फ एक विकेट मिला था। इसके मुकाबले रवींद्र जडेजा और मानव सुथार का ज्यादा इस्तेमाल हुआ था। गंभीर और गिल ने पिच का निरीक्षण किया दूसरे टेस्ट से पहले गंभीर और कप्तान शुभमन गिल ने कोलंबो के सिंहलीज स्पोर्ट्स क्लब की पिच का निरीक्षण किया। दोनों ने पिच और परिस्थितियों को करीब से देखा। गंभीर ने गॉल की पिच को अच्छी टेस्ट पिच बताया। उन्होंने कहा कि भारतीय टीम ने गॉल में खेलने का आनंद लिया। वह चाहते हैं कि कोलंबो में भी अच्छी टेस्ट क्रिकेट के लिए अनुकूल पिच मिले। तीन टेस्ट की सीरीज चाहते हैं गंभीर गंभीर ने टेस्ट सीरीज को तीन मैचों का करने की बात कही। उनका कहना है कि इससे टीमों को वापसी का बेहतर मौका मिलता है। उन्होंने कहा, मैं तीन टेस्ट की सीरीज चाहूंगा। कई बार अगर आप पहला टेस्ट हार जाते हैं तो दूसरी टीम वापसी नहीं कर पाती। अधिकतम वह मैच ड्रॉ कराने की कोशिश कर सकती है। -----------------टीम इंडिया के शेड्यूल से जुड़ी यह खबर भी पढ़िए…भारत का बांग्लादेश दौरा फिर टल सकता है; BCB प्रेसिडेंट बोले- दोनों बोर्ड में बातचीत जारी बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड के प्रेसिडेंट तमीम इकबाल ने संकेत दिया है कि भारत का बांग्लादेश दौरा फिर टल सकता है। भारत को अगस्त 2025 में बांग्लादेश का दौरा करना था, लेकिन सीरीज को बाद में सितंबर 2026 तक टाल दिया गया। पढ़ें पूरी खबर
भारत के हेड कोच गौतम गंभीर ने टेस्ट टीम के हालिया प्रदर्शन पर हो रही आलोचना का जवाब देते हुए कहा कि उनका काम रैंकिंग या सोशल मीडिया पर मिलने वाले लाइक्स-व्यूज की चिंता करना नहीं, बल्कि टीम को ट्रॉफी जिताना है। श्रीलंका के खिलाफ दूसरे टेस्ट से पहले कोलंबो में प्रेस कॉन्फ्रेंस में गंभीर ने कहा कि भारत टेस्ट क्रिकेट में संघर्ष नहीं कर रहा है और टीम फिलहाल बदलाव के दौर से गुजर रही है। गंभीर ने कहा, मेरा काम ट्रॉफी जीतना है। मुझे सिर्फ इसी की परवाह है और मैं इसी में विश्वास करता हूं। रैंकिंग मायने नहीं रखती। हम संघर्ष नहीं कर रहे हैं। इंग्लैंड दौरे के बाद हमने अच्छा टेस्ट क्रिकेट खेला है। भारत ने गॉल में खेले गए पहले टेस्ट में श्रीलंका को 165 रन से हराया था। अब दोनों टीमों के बीच दूसरा टेस्ट 23 अगस्त से कोलंबो में खेला जाएगा। रोहित-कोहली और अश्विन के जाने के बाद नई टीम तैयार हो रही भारत की टेस्ट टीम पिछले कुछ समय में बड़े बदलाव से गुजरी है। रोहित शर्मा, विराट कोहली और रविचंद्रन अश्विन के टेस्ट क्रिकेट से दूर होने के बाद टीम में नए खिलाड़ियों को जगह मिली है। इसी दौरान भारत को न्यूजीलैंड और साउथ अफ्रीका के खिलाफ घरेलू सीरीज में हार मिली, जबकि ऑस्ट्रेलिया दौरे पर भी टीम को शिकस्त का सामना करना पड़ा। गंभीर ने इन नतीजों को टीम के बदलाव के दौर का हिस्सा बताया। उन्होंने कहा कि क्रिकेट में उतार-चढ़ाव आते रहते हैं और खिलाड़ियों को एक-दो मैच के प्रदर्शन के आधार पर नहीं परखा जाना चाहिए। गिल-पडिक्कल और सुथार से नई टीम की तस्वीर गंभीर ने टीम के उभरते खिलाड़ियों का भी जिक्र किया। देवदत्त पडिक्कल ने नंबर-3 पर अपनी जगह बनाने की कोशिश की है, जबकि शुभमन गिल कप्तान और नंबर-4 बल्लेबाज के तौर पर टीम की नई लीडरशिप का हिस्सा हैं। मानव सुथार ने भी शुरुआती दो टेस्ट में प्रभावित किया है। बाएं हाथ के इस स्पिनर को भारतीय स्पिन विभाग के भविष्य के विकल्पों में देखा जा रहा है। गंभीर ने कहा कि टीम को अपने खिलाड़ियों पर भरोसा रखना होगा और उन्हें लंबा मौका देना होगा। उनके मुताबिक एक-दो मैच के प्रदर्शन से किसी खिलाड़ी का आकलन नहीं किया जाना चाहिए। कुलदीप या सारांश, 20 विकेट लेने वाला अटैक चुनेगी टीम दूसरे टेस्ट में कुलदीप यादव और सारांश जैन में से किसे मौका मिलेगा, इस पर गंभीर ने कोई स्पष्ट जवाब नहीं दिया। उन्होंने कहा कि टीम का लक्ष्य ऐसा गेंदबाजी संयोजन चुनना है, जो मैच में 20 विकेट ले सके। गॉल टेस्ट में कुलदीप ने दोनों पारियों में कुल 25 ओवर गेंदबाजी की थी और उन्हें सिर्फ एक विकेट मिला था। इसके मुकाबले रवींद्र जडेजा और मानव सुथार का ज्यादा इस्तेमाल हुआ था। इसलिए कोलंबो में तीसरे स्पिनर के चयन पर नजर रहेगी। गंभीर और गिल ने कोलंबो की पिच का निरीक्षण किया दूसरे टेस्ट से पहले गंभीर और कप्तान शुभमन गिल ने कोलंबो के सिंहलीज स्पोर्ट्स क्लब की पिच को करीब से देखा। दोनों ने पिच का निरीक्षण किया और मैच की परिस्थितियों को समझने की कोशिश की। गंभीर ने गॉल की पिच को लेकर कहा कि वहां अच्छी टेस्ट क्रिकेट देखने को मिली और टीम ने वहां खेल का आनंद लिया। उन्होंने उम्मीद जताई कि कोलंबो में भी ऐसी पिच मिलेगी, जिस पर अच्छी टेस्ट क्रिकेट हो सके। तीन टेस्ट की सीरीज चाहते हैं गंभीर गंभीर ने टेस्ट सीरीज को तीन मैचों का करने की वकालत की। उनका कहना है कि तीन टेस्ट की सीरीज टीमों को वापसी का बेहतर मौका देती है। उन्होंने कहा, “मैं आदर्श रूप से तीन टेस्ट की सीरीज चाहूंगा। कई बार अगर आप पहला टेस्ट हार जाते हैं तो दूसरी टीम वापसी नहीं कर पाती। अधिकतम वह मैच ड्रॉ कराने की कोशिश कर सकती है।” गंभीर के मुताबिक तीन टेस्ट की सीरीज में दोनों टीमों को अपनी क्षमता साबित करने और शुरुआती नतीजे के बाद वापसी करने का ज्यादा मौका मिलता है। गॉल की पिच से खुश, कोलंबो में भी वैसी ही उम्मीद गंभीर ने पहले टेस्ट की पिच को भी अच्छा बताया। उन्होंने कहा कि गॉल में अच्छी टेस्ट क्रिकेट हुई और भारतीय टीम ने वहां खेल का आनंद लिया। भारत ने गॉल टेस्ट में श्रीलंका को 165 रन से हराकर दो मैचों की सीरीज में 1-0 की बढ़त बनाई है। अब कोलंबो में जीत के साथ टीम सीरीज 2-0 से अपने नाम करना चाहेगी।
लियोनेल मेस्सी को पता चल गई एक थप्पड़ की कीमत, चुकाना पड़ेगा जुर्माना, साथी खिलाड़ी भी शामिल
मियामी के स्टार फुटबॉलर लियोनेल मेस्सी को एक थप्पड़ की कीमत पता चल चुकी है। मेजर लीग सॉकर में डिलाडेल्फिया यूनियन के खिलाफ खेले गए मैच में मेस्सी ने क्विन सुलीवान की गर्दन पर थप्पड़ मार दिया जिसके बाद उन पर जुर्माना लगाया गया है।
WTC : मिचेल स्टार्क के नाम सबसे ज्यादा विकेट, कमिंस और लियोन संयुक्त रूप से दूसरे स्थान
ऑस्ट्रेलिया के बाएं हाथ के तेज गेंदबाज मिचेल स्टार्क विश्व टेस्ट चैंपियनशिप (डब्ल्यूटीसी) के इतिहास में सबसे ज्यादा विकेट लेने वाले गेंदबाज बन गए हैं। स्टार्क ने बांग्लादेश के खिलाफ शनिवार से साउथ मैके में शुरू हुए टेस्ट मैच के दौरान यह उपलब्धि हासिल की।
Chaminda Vaas ने Test Cricket और वनडे को बचाने की उठाई मांग, बोर्ड्स को दी सलाह
(जी उन्नीकृष्णन)कोलंबो, 22 अगस्त (भाषा)) श्रीलंका के पूर्व तेज गेंदबाज चमिंडा वास ने टी20 के बढ़ते चलन और फ्रेंचाइजी आधारित लीग के बढ़ते प्रभाव के बीच टेस्ट और वनडे प्रारूपों को जीवित रखने के लिए संबंधित लोगों से उचित कदम उठाने का आग्रह किया। अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद (आईसीसी) के सीईओ संजोग गुप्ता ने हाल ही में टिप्पणी की थी कि ‘‘प्रतिस्पर्धा के अभाव वाली द्विपक्षीय श्रृंखलाओं का युग समाप्त होना चाहिए।’’इस बयान ने एकदिवसीय क्रिकेट के भविष्य को लेकर चिंताएं बढ़ा दी हैं। वास ने पीटीआई से कहा, ‘‘मुझे लगता है कि भविष्य में अधिकतर देश टी20 खेलना चाहेंगे। टी20 ही भविष्य का खेल है। लेकिन सभी बोर्डों को यह समझना चाहिए कि टेस्ट क्रिकेट और वनडे क्रिकेट ही इस खेल का चरम हैं और उन्हें इन दोनों प्रारूपों को बनाए रखने के लिए कदम उठाने चाहिए।’’वनडे में 400 और टेस्ट क्रिकेट में 355 टेस्ट विकेट लेने वाले वास ने सभी क्रिकेट बोर्डों से इन दोनों पारंपरिक प्रारूपों को पुनर्जीवित करने के लिए मिलकर काम करने का आग्रह किया। उन्होंने कहा, ‘‘हमें 50 ओवर की क्रिकेट को जीवित रखने के लिए किसी न किसी तरह की व्यवस्था करनी होगी। मुझे यकीन है कि इससे कई युवा क्रिकेटर टेस्ट क्रिकेट या 50 ओवर के प्रारूप में खेलने के लिए प्रेरित होंगे।’’वास ने कहा, ‘‘खासकर अगर टेस्ट क्रिकेट की बात करें तो टेस्ट क्रिकेट खत्म होता जा रहा है। सभी बोर्डों को टेस्ट क्रिकेट को जीवित रखने और युवाओं को इस प्रारूप से परिचित कराने के लिए योजना बनानी चाहिए क्योंकि इसी प्रारूप में आपके कौशल की असली परीक्षा होती है।’’इस 52 वर्षीय पूर्व क्रिकेटर ने पिछले दशक में श्रीलंका के टेस्ट क्रिकेट के स्तर में आई गिरावट का उदाहरण देते हुए इसका जिक्र किया। श्रीलंका को हाल में भारत से पहले टेस्ट क्रिकेट मैच में 165 रन से हार का सामना करना पड़ा था। उसे यह हार गॉल में मिली जो कभी उसका गढ़ हुआ करता था। वास ने कहा, ‘‘हम जानते हैं कि भारतीय टीम बहुत अच्छी है। उनके पास एक स्थान के लिए कई विकल्प हैं। वे टेस्ट, टी20 और वनडे में अच्छा क्रिकेट खेल रहे हैं। बीसीसीआई ने बेहतरीन बुनियादी ढांचा तैयार किया है और अपने खिलाड़ियों का ख्याल रखा है।’’उन्होंने कहा, ‘‘अगर गॉल टेस्ट की बात करें तो उन्होंने बेहतरीन टेस्ट क्रिकेट खेला। उन्होंने तीन बहुत अच्छे स्पिनर उतारे थे और उनके सामने टिकना आसान नहीं था। हमारे खिलाड़ियों ने कड़ी चुनौती दी। मुझे यकीन है कि दूसरा टेस्ट ज्यादा रोमांचक होगा।’’लेकिन वास के लिए यह हार एक गहरी समस्या का प्रतीक है क्योंकि श्रीलंका काफी कम टेस्ट मैच खेल रहा है। उन्होंने कहा, ‘‘दुर्भाग्य से हमें ज्यादा टेस्ट मैच देखने को नहीं मिलते। श्रीलंका क्रिकेट बोर्ड को कुछ करना चाहिए। अधिक टेस्ट मैच करवाने की कोशिश करनी चाहिए। यह दो मैचों की टेस्ट श्रृंखला खिलाड़ियों के लिए फायदेमंद नहीं है।’’वास ने श्रीलंका के घरेलू क्रिकेट में व्यापक बदलाव का भी सुझाव दिया। उन्होंने कहा, ‘‘हमें अपने घरेलू क्रिकेट के स्वरूप को बदलने की जरूरत है। हमारे पास इतने सारे क्लब हैं। हमें उन क्लबों को प्रोत्साहित करने और अच्छी क्रिकेट खेलने की कोशिश करने की जरूरत है। ’’वास ने कहा, ‘‘मेरा मानना है कि हमें तीन दिवसीय क्रिकेट के बजाय चार दिवसीय क्रिकेट खेलना चाहिए। इससे खिलाड़ियों को टेस्ट क्रिकेट जैसा अनुभव मिलेगा। हमारे देश में प्रतिभा की कोई कमी नहीं है, लेकिन हमें उन्हें तराशने और अगले स्तर तक पहुंचाने की जरूरत है।
Duleep Trophy में Vaibhav Suryavanshi पर नजरें, पूर्वोत्तर के खिलाफ मिलेगा मौका
टी20 क्रिकेट में धूम मचाने वाले वैभव सूर्यवंशी को रविवार से यहां सेंटर ऑफ एक्सीलेंस में शुरू होने वाले दलीप ट्रॉफी के क्वार्टर फाइनल में पूर्वी क्षेत्र की तरफ से उत्तर पूर्वी क्षेत्र के खिलाफ प्रथम श्रेणी क्रिकेट में अपने रिकॉर्ड को सुधारने का मौका मिलेगा। इस 15 वर्षीय खिलाड़ी ने बिहार के लिए आठ प्रथम श्रेणी मैचों की 12 पारियों 17 से अधिक के औसत से रन बनाए हैं जो कि आकर्षक नहीं हैं। उनका सर्वोच्च स्कोर 93 रन है। इस तरह से देखा जाए तो सूर्यवंशी लाल गेंद के क्रिकेट में अभी भी एक अनुभवहीन खिलाड़ी हैं, लेकिन दलीप ट्रॉफी में सबसे कमजोर मानी जाने वाली उत्तर पूर्व की टीम के खिलाफ उन्हें प्रथम श्रेणी क्रिकेट में कुछ रन बनाने और आत्मविश्वास हासिल करने का मौका मिलेगा। पूर्वी क्षेत्र की टीम में कप्तान ईशान किशन, तेज गेंदबाज मोहम्मद शमी, अभिमन्यु ईश्वरन, कुमार कुशाग्र, शाहबाज अहमद और मुकेश कुमार जैसे अनुभवी खिलाड़ी मौजूद हैं, लेकिन हमेशा की तरह सूर्यवंशी ही सबका ध्यान अपनी तरफ खींचेंगे। क्षेत्रीय चयन समिति ने उन्हें उप-कप्तान नियुक्त किया है। कभी भारत की टीम में जगह बनाने की चाह रखने वाले खिलाड़ियों के लिए महत्वपूर्ण टूर्नामेंट रहे दलीप ट्रॉफी अब महज बीसीसीआई के कैलेंडर में एक और टूर्नामेंट बनकर रह गया है क्योंकि अधिकतर खिलाड़ी टेस्ट टीम में जगह बनाने की दौड़ में नहीं हैं। रणजी ट्रॉफी की तरह ही दलीप ट्रॉफी भी भारत ए की टीम में जगह बनाने का जरिया रह गया है। इसमें अच्छा प्रदर्शन करने वाले खिलाड़ी सितंबर के आखिर और अक्टूबर की शुरुआत में पुडुचेरी में ऑस्ट्रेलिया ए टीम के खिलाफ होने वाले दो चार दिवसीय ‘टेस्ट’ मैचों के लिए दावेदार हो सकते हैं। श्रीलंका में ‘ए’ श्रृंखला में खेलने वाले आयुष पांडे और अमन मोखाडे मध्य क्षेत्र की तरफ से सीधे सेमीफाइनल में खेलेंगे। वह अपना अच्छा प्रदर्शन जारी रखकर ऑस्ट्रेलिया ए के खिलाफ होने वाली श्रृंखला के लिए टीम में जगह बनाने की कोशिश करेंगे। उत्तरी क्षेत्र के इतिहास में दिल्ली का दबदबा रहा है तथा जम्मू कश्मीर का प्रतिनिधित्व हमेशा नाममात्र का रहा है। लेकिन 2025-2026 की रणजी ट्रॉफी की जीत ने पूरी कहानी बदल दी है, क्योंकि कन्हैया वधावन राज्य के पहले ऐसे खिलाड़ी बन गए हैं जिन्हें सीनियर क्षेत्रीय टीम की कप्तानी करने का मौका मिला है। इस टीम में उनके राज्य का सबसे अधिक प्रतिनिधित्व है। रुतुराज गायकवाड़ के नेतृत्व वाले पश्चिमी क्षेत्र के रूप में उन्हें एक मजबूत प्रतिद्वंद्वी का सामना करना पड़ेगा। पश्चिम क्षेत्र को सरफराज खान की कमी खलेगी जो राष्ट्रीय टीम के साथ श्रीलंका के दौरे पर हैं। रणजी फाइनल में दोहरा शतक लगाने वाले कामरान इकबाल, शीर्ष स्कोरर में से एक आयुष दोजा, यश ढुल और आयुष बडोनी जैसे खिलाड़ियों के उत्तरी क्षेत्र की टीम में होने तथा गायकवाड़, शार्दुल ठाकुर, मुंबई की स्पिन जोड़ी तनुष कोटियन और शम्स मुलानी जैसी खिलाड़ियों के पश्चिमी क्षेत्र की टीम में होने से मुकाबला रोमांचक होने की संभावना है।
दक्षिण अफ्रीका के पूर्व विश्व चैंपियन मुक्केबाज जोलानी टेटे की गोली मारकर हत्या कर दी है। टेटे पर यह हमला उनके घर पर ही हुआ।
वैभव सूर्यवंशी के लिए द्रविड़ का गुरुमंत्र, कहा- IPL के साथ रेड-बॉल फॉर्मेट पर भी करें फोकस
वैभव सूर्यवंशी का प्रदर्शन अब तक व्हाइट बॉल क्रिकेट में काफी अच्छा रहा है। लेकिन रेड बॉल क्रिकेट में वह उम्मीद के मुताबिक प्रदर्शन नहीं कर सके हैं। आईपीएल 2026 में सबसे ज्यादा रन बनाकर वैभव ने ऑरेंज कैप अपने नाम किया था।
सिनसिनाटी ओपन: कोको गॉफ सेमीफाइनल में पहुंची, सारा बेजलेक से होगी फाइनल में पहुंचने की जंग
सिनसिनाटी, 22 अगस्त (आईएएनएस)। कोको गॉफ ने नंबर 10 सीड मार्टा कोस्त्युक को 6-2, 6-2 से हराकर सिनसिनाटी ओपन के सेमीफाइनल में जगह बना ली है। वह ओपन एरा में 23 साल की उम्र से पहले कई सिनसिनाटी ओपन सेमीफाइनल में पहुंचने वाली चौथी खिलाड़ी भी बन गई हैं।
pc: aaj tak इंग्लैंड ने पहले टेस्ट में पाकिस्तान को हरा दिया। पहला टेस्ट मैच लीड्स में हुआ था। इसमें इंग्लैंड ने पाकिस्तान को एक पारी और 103 रन से हराया था। यह लगातार दूसरी बार है जब पाकिस्तान लीड्स में एक पारी से हारा है। इससे पहले 2018 में पाकिस्तान को इंग्लैंड ने एक पारी और 55 रन से हराया था। पाकिस्तान पहले टेस्ट के सिर्फ़ तीन दिन में दूसरी बार ऑल आउट हो गया। उसने दूसरी पारी में सिर्फ़ 135 रन बनाए। पाकिस्तान के बल्लेबाज़ों ने बहुत खराब प्रदर्शन किया। दूसरी पारी में पाकिस्तान के लिए मोहम्मद रिज़वान ने सबसे ज़्यादा 41 रन बनाए। जबकि इंग्लैंड के लिए ओली रॉबिन्सन और जोश टोंग ने पाकिस्तान की बैटिंग की कमर तोड़ दी। पाकिस्तान की दूसरी पारी पाकिस्तान के बल्लेबाज़ों का प्रदर्शन बहुत निराशाजनक रहा। दोनों पारियों में बल्लेबाज़ रन बनाने के लिए जूझते दिखे। दूसरी पारी में पाकिस्तान के 7 बल्लेबाज़ दहाई के आंकड़े तक भी नहीं पहुंच सके। पाकिस्तान को पहला झटका दूसरे ओवर में इमाम-उल-हक के रूप में लगा। वह अपना खाता भी नहीं खोल सके। पाकिस्तान को पहला झटका जोफ्रा आर्चर ने दिया। इसके बाद ओपनर अज़ान अवैस ज़्यादा देर तक मैदान पर नहीं टिक सके। 14 गेंदों में 9 रन बनाकर जोफ्रा ने उन्हें आउट कर दिया। स्टार बैट्समैन अब्दुल्ला शापिक ने पहली इनिंग में हाफ सेंचुरी बनाई थी। लेकिन दूसरी इनिंग में वे सिर्फ़ 15 रन ही बना सके। सऊद शकील ने 14 रन बनाए, जबकि शान मसूद 29 रन बनाकर आउट हुए। कैप्टन सलमान अली आगा ने सिर्फ़ 4 रन बनाए। अली उस्मान ने 7 रन और खुर्रम शहज़ाद ने आठ रन बनाए। जोश टोंग ने पहली इनिंग में पांच विकेट लिए थे। ओली रॉबिन्सन ने भी पांच विकेट लिए थे। उनकी बॉलिंग के सामने पाकिस्तानी बैट्समैन सचमुच ढेर हो गए। पाकिस्तान सिर्फ़ 171 रन ही बना सका। इंग्लैंड ने पहली इनिंग में 409 रन बनाए थे। इंग्लैंड ने 238 रन की लीड ली थी। पाकिस्तान दूसरी इनिंग में सिर्फ़ 135 रन ही बना सका। पाकिस्तान पहला टेस्ट मैच एक इनिंग और 103 रन से हार गया था।
Cincinnati Open के सेमीफाइनल में पहुंचे Coco Gauff और Frances Tiafoe
अमेरिका के खिलाड़ियों ने सिनसिनाटी ओपन टेनिस टूर्नामेंट में अपना दबदबा बरकरार रखा है और उसके चार खिलाड़ी पुरुष और महिला वर्ग के एकल के सेमीफाइनल में पहुंचने में सफल रहे हैं। अमेरिका के जिन खिलाड़ियों ने अंतिम चार में जगह सुरक्षित की है उनमें पुरुष वर्ग में फ्रांसिस टियाफो और ब्रैंडन नाकाशीमा तथा महिला वर्ग में कोको गॉफ और जेसिका पेगुला शामिल हैं। गॉफ ने कहा, ‘‘यह अविश्वसनीय है, मुझे लगता है कि हम सभी बहुत अच्छा प्रदर्शन कर रहे हैं। हम निश्चित रूप से एक-दूसरे का समर्थन करते हैं।’’टियाफो ने इटली लोरेंजो मुसेटी को 7-6 (2), 7-5 से और नाकाशीमा ने हमवतन अमेरिकी खिलाड़ी टेलर फ्रिट्ज को 7-6, 4-6, 6-3 से हराया। अंतिम चार में यह दोनों खिलाड़ी आमने-सामने होंगे। यह 2010 के बाद पहला अवसर है जबकि अमेरिका के दो खिलाड़ी पुरुष एकल के सेमीफाइनल में पहुंचे हैं। पुरुष एकल के दूसरे सेमीफाइनल में इटली के फ्लेवियो कोबोली का मुकाबला फ्रांस के आर्थर फिल्स से होगा। गॉफ ने यूक्रेन की मार्टा कोस्त्युक को 6-2, 6-2 से हराया। उनका अगला मुकाबला चेक गणराज्य की 20 वर्षीय खिलाड़ी सारा बेजलेक से होगा। बेजलेक ने 2019 की चैंपियन मैडिसन कीज़ को 3-6, 6-4, 7-6 (5) से हराया। पेगुला दूसरे सेमीफाइनल में इगा स्वियातेक का सामना करेंगी।
इंटरनेट डेस्क। इंग्लैंड और पाकिस्तान के बीच खेली जा रही टेस्ट सीरीज के हेडिंग्ले मैच में पाकिस्तान तीसरे दिन ही हार गया। इस मैच में पाकिस्तान को 103 रन और एक पारी से हार का सामना करना पड़ा। इसके साथ ही पाकिस्तान क्रिकेट टीम ने एक ऐसा शर्मनाक रिकॉर्ड अपने नाम कर लिया है, जिसे कोई भी टीम कभी याद नहीं रखना चाहेगी। इंग्लैंड के खिलाफ खेले जा रहे टेस्ट मैच में पाकिस्तान की बल्लेबाजी की शुरुआत दोनों पारियों में शून्य से आगे नहीं बढ़ सकी। पहली पारी में खाता खुलने से पहले ही टीम का पहला विकेट गिरा और दूसरी पारी में भी कहानी जस की तस रही। मैच की पहली पारी में युवा बल्लेबाज अजान अवैस ओली रॉबिन्सन की पहली ही गेंद पर बिना खाता खोले एलबीडब्ल्यू आउट हो गए। उस वक्त स्कोरबोर्ड पर शून्य रन टंगा था। उम्मीद थी कि दूसरी पारी में पाकिस्तानी सलामी जोड़ी इस गलती से सबक लेगी, लेकिन शुक्रवार को मैदान पर उतरी टीम के साथ इतिहास ने खुद को दोहरा दिया। पारी के दूसरे ही ओवर में इमाम-उल-हक 5 गेंद खेलकर बिना कोई रन बनाए पवेलियन लौट गए नतीजतन, दोनों पारियों में पाकिस्तान का स्कोर 0/1 दर्ज हुआ। किसी एक पारी में शून्य पर पहला विकेट गिरना सामान्य बात है, लेकिन एक ही टेस्ट मैच की दोनों पारियों में खाता खोले बिना पहला विकेट गंवा देना बेहद दुर्लभ और निराशाजनक है। पाकिस्तान टेस्ट क्रिकेट के 149 साल के लंबे इतिहास में दुनिया की पहली ऐसी टीम बन गई है, जिसने यह अनचाहा कारनामा सातवीं बार किया है। PC- cricinfo.com
भारत और नीदरलैंड की पुरुष हॉकी टीमों के बीच आज एएफआईएच हॉकी विश्व कप में दूसरे दौर का मुकाबला खेला जाएगा। भारत को सेमीफाइनल की उम्मीदें बरकरार रखने के लिए इस मैच में हर हाल में जीत दर्ज करनी होगी।
IND VS SL: कोलंबो टेस्ट में डेब्यू कर सकते हैं सारांश जैन, कुलदीप की जगह मिल सकता हैं मौका
इंटरनेट डेस्क। भारत और श्रीलंका के बीच खेली जा रही टेस्ट सीरीज का दूसरा मैच कल से शुरू होने जा रहा है। इससे पहले टीम इंडिया ने गाले में श्रीलंका को 165 रन से हराकर दो टेस्ट मैचों की सीरीज में 1-0 की बढ़त बना ली है। अब सभी की नजरें कोलंबो में होने वाले दूसरे टेस्ट पर हैं। इस मुकाबले में भारतीय टीम कुछ बदलाव के साथ उतर सकती है और एक नए खिलाड़ी का डेब्यू हो सकता है। सारांश जैन के संभावित टेस्ट डेब्यू की उम्मीद है। मध्य प्रदेश के इस अनुभवी ऑलराउंडर ने घरेलू क्रिकेट में लंबे समय तक लगातार शानदार प्रदर्शन किया है। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, सारांश जैन को दूसरे टेस्ट की प्लेइंग इलेवन में शामिल किए जाने की संभावना है। अगर ऐसा होता है तो कुलदीप यादव को बाहर बैठना पड़ सकता है। गाले टेस्ट में कुलदीप का प्रदर्शन कुछ खास नहीं रहा। वहीं, डेब्यू कर रहे मानव सुथार ने मैच में 10 विकेट लेकर शानदार छाप छोड़ी। 31 मार्च 1993 को इंदौर में जन्मे सारांश जैन ने 2014-15 सीजन में मध्य प्रदेश के लिए फर्स्ट क्लास क्रिकेट की शुरुआत की थी। क्रिकेट उनके परिवार के लिए नया नहीं है। उनके पिता सुबोध जैन भी मध्य प्रदेश की तरफ से रणजी ट्रॉफी खेल चुके हैं। PC- jagran josh
यानिक सिनर ने यूएस ओपन से नाम लिया वापस, चोट की वजह से लिया बड़ा फैसला
यानिक सिनर ने दाहिने घुटने की चोट के कारण यूएस ओपन से नाम वापस ले लिया है। 2019 में ग्रैंड स्लैम डेब्यू के बाद यह पहली बार है, जब सिनर किसी बड़े टूर्नामेंट से बाहर रहेंगे।
Team India श्रीलंका में दूसरा Test जीतकर 3 साल बाद विदेशी श्रृंखला जीतने उतरेगी
(जी उन्नीकृष्णन)कोलंबो, 22 अगस्त पहले टेस्ट मैच में बड़ी जीत से उत्साहित भारतीय टीम श्रीलंका के खिलाफ रविवार से यहां शुरू होने वाले दूसरे और अंतिम टेस्ट क्रिकेट मैच में अपना विजय अभियान जारी रखकर विदेशी धरती पर तीन साल में पहली टेस्ट श्रृंखला जीतने की कोशिश करेगी जबकि कप्तान शुभमन गिल और सलामी बल्लेबाज यशस्वी जायसवाल की निगाह बड़ा स्कोर बनाने पर होगी। भारत ने विदेश में अपनी आखिरी टेस्ट श्रृंखला जुलाई 2023 में वेस्टइंडीज के खिलाफ जीती थी। उसके बाद से भारत को ऑस्ट्रेलिया से हार का सामना करना पड़ा जबकि उसने दक्षिण अफ्रीका और इंग्लैंड के साथ उनके घरेलू मैदान पर श्रृंखला बराबर की थी। इस बीच उसे न्यूजीलैंड और दक्षिण अफ्रीका से घरेलू धरती पर हार का सामना करना पड़ा था। लेकिन अब भारत ने गॉल में खेले गए पहले टेस्ट में 165 रन की शानदार जीत के साथ कुछ हद तक वापसी की है जिससे कप्तान गिल और मुख्य कोच गौतम गंभीर को राहत मिली होगी। भारत अगर इस श्रृंखला में 2-0 से क्लीन स्वीप कर लेता है, तो वह 57.58 प्रतिशत अंकों के साथ विश्व टेस्ट चैम्पियनशिप (डब्ल्यूटीसी) रैंकिंग में चौथे स्थान पर पहुंच सकता है। लेकिन यह बांग्लादेश की ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ दूसरे टेस्ट मैच में हार पर ही संभव हो पाएगा। डार्विन में पहले टेस्ट में ऐतिहासिक जीत दर्ज करने वाला बांग्लादेश अभी चौथे स्थान पर है। भारत को इस मैच में गिल और जायसवाल से बड़ी पारी की उम्मीद रहेगी। गिल अच्छी फॉर्म में नजर आ रहे हैं। उन्होंने अपनी पिछली छह पारियों में दो शतक बनाए हैं। लेकिन पिछले मैच में उनका बल्ला नहीं चल पाया था। उन्हें विशेषकर बाएं हाथ की स्पिनर के सामने दिक्कत हो रही है। गॉल में दोनों पारियों में उन्हें खब्बू स्पिनर प्रभात जयसूर्या ने आउट किया। इसके अलावा कप्तान के रूप में उनका प्रदर्शन शानदार रहा है। गिल ने कप्तानी संभालने के बाद 10 टेस्ट मैचों में 73 से अधिक के औसत से 1100 रन बनाए हैं। वह कप्तान के रूप में विदेश में अपनी पहली टेस्ट श्रृंखला जीतने के लिए भी प्रतिबद्ध होंगे। जायसवाल की समस्या थोड़ी और गंभीर है। पिछले साल वेस्टइंडीज के खिलाफ नयी दिल्ली में शतक बनाने के बाद इस सलामी बल्लेबाज ने अपनी पिछली आठ पारियों में सिर्फ एक अर्धशतक बनाया है। जायसवाल तेज गेंदबाजों के खिलाफ कट या चिप शॉट खेलकर आउट हो रहे हैं जो चिंताजनक है। गॉल में पहली पारी में रन आउट होने के बाद जायसवाल दूसरी पारी में भी इसी तरह से आउट हुए थे। बाएं हाथ के बल्लेबाज ने अपने खेल के इस पहलू में सुधार करने के लिए शुक्रवार को एसएससी में नेट पर काफी समय बिताया। भारत के तेज गेंदबाजों और गेंदबाजी कोच मोर्ने मोर्कल ने ऑफ स्टंप के बाहर की उस लाइन को निशाना बनाया, जिससे जायसवाल को कट या चिप शॉट खेलने के लिए लुभाया जा सके। लेकिन इस 24 वर्षीय खिलाड़ी ने इस तरह की गेंदों को बिना छेड़े हुए स्टंप्स के पास से बिना गुजरने दिया। अगर वह मैच में भी इसी तरह का धैर्य बनाए रखते हैं तो बड़ी पारी खेल सकते हैं। इस पर भी सब की नजर रहेगी कि कुलदीप यादव अंतिम एकादश में जगह बना पाते हैं या नहीं। पहले मैच में पिच से काफी मदद मिलने के बावजूद उन्होंने दो पारियों में 25 ओवरों में सिर्फ एक विकेट लिया था। कुलदीप पहले टेस्ट मैच में गेंदबाजों में सबसे महंगे साबित हुए, उन्होंने प्रति ओवर चार से अधिक रन लुटाए। श्रीलंका की टीम में बाएं हाथ के अधिक बल्लेबाजों को देखते हुए ऑफ स्पिनर सारांश जैन को पदार्पण का मौका मिल सकता है। लेकिन सिर्फ एक मैच के बाद किसी सीनियर गेंदबाज को टीम से बाहर करना गलत संकेत दे सकता है। कुलदीप ने शुक्रवार को अभ्यास सत्र में भाग नहीं लिया था जिससे यह कयास लगाए जा रहे हैं कि उन्हें अंतिम एकादश में जगह नहीं मिलेगी। लेकिन अंतिम निर्णय काफी हद तक यहां की पिच पर निर्भर करता है, जिसे पिछले दो दिनों में पानी डालकर उसकी पकड़ बनाए रखी गई है। श्रीलंका को अगर श्रृंखला में वापसी करनी है तो उसके शीर्ष क्रम के बल्लेबाजों को धैर्य के साथ खेलना होगा। उन्हें उम्मीद होगी कि शानदार फॉर्म में चल रहे कामिल मिशारा और साहन अरच्चिगे को टीम में शामिल करने से सकारात्मक बदलाव आएगा। टीम इस प्रकार हैं:भारत: शुभमन गिल (कप्तान), केएल राहुल (उप-कप्तान), यशस्वी जायसवाल, ऋषभ पंत (विकेटकीपर), ध्रुव जुरेल (विकेटकीपर), रविंद्र जड़ेजा, कुलदीप यादव, मानव सुथार, मोहम्मद सिराज, प्रसिद्ध कृष्णा, गुरनूर बराड़, देवदत्त पडिक्कल, सारांश जैन, औकिब नबी, सरफराज खान। श्रीलंका: धनंजय डी सिल्वा (कप्तान), लाहिरु उदारा, कामिल मिशारा, पसिंदु सोरियाबंदरा, कामिंदु मेंडिस, साहन अरच्चिगे, सोनल दिनुशा, निरोशन डिकवेला, केशरा नुवांता, प्रभात जयसूर्या, मिलन रत्नायका, लाहिरू कुमारा, असिथा फर्नांडो, विश्वा फर्नांडो। मैच भारतीय समयानुसार सुबह 10 बजे शुरू होगा।
Neeraj Chopra ने Lausanne Diamond League में 88.05 मीटर थ्रो के साथ हासिल किया दूसरा स्थान
भारतीय भाला फेंक के दिग्गज खिलाड़ी नीरज चोपड़ा ने एक साल से अधिक समय में अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन किया, लेकिन शुक्रवार को यहां लुसाने डायमंड लीग में श्रीलंका के उभरते सितारे रमेश पथिरागे ने सिर्फ नौ सेंटीमीटर के अंतर से उन्हें स्वर्ण पदक से वंचित कर दिया। चोपड़ा ने अपने दूसरे प्रयास में 88.05 मीटर का थ्रो किया, जो उनका सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन था। इससे यह 28 वर्षीय भारतीय खिलाड़ी नौ खिलाड़ियों के मुकाबले में दूसरे स्थान पर रहा। यह इस सत्र का उनका सर्वश्रेष्ठ थ्रो भी था। दरअसल चोपड़ा का यह पिछले साल जून के बाद सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन था। उन्होंने तब पेरिस डायमंड लीग जीतने के दौरान 88.16 मीटर का थ्रो किया था। लेकिन 23 वर्षीय पथिरागे ने इस सत्र में अपना दबदबा बरकरार रखते हुए अपने तीसरे प्रयास में 88.14 मीटर के थ्रो के साथ चोपड़ा को पीछे छोड़ दिया। चोपड़ा ने हालांकि दूसरे स्थान पर रहकर डायमंड लीग फाइनल के लिए क्वालीफाई करने की अपनी उम्मीदों को मजबूती प्रदान की। वह साल के आखिर में होने वाले डायमंड लीग फाइनल की रैंकिंग में सातवें स्थान से आगे बढ़कर शीर्ष पांच में पहुंच गए हैं। ग्रेनाडा के एंडरसन पीटर्स ने अपने छठे और अंतिम प्रयास में 86.69 मीटर की दूरी तय करके तीसरा स्थान हासिल किया। त्रिनिदाद और टोबैगो के मौजूदा विश्व चैंपियन केशोर्न वालकॉट 83.71 मीटर के सर्वश्रेष्ठ थ्रो के साथ चौथे स्थान पर रहे। विश्व चैंपियनशिप के कांस्य पदक विजेता अमेरिका के कर्टिस थॉम्पसन 78.13 मीटर के साथ छठे स्थान पर रहे, जबकि तोक्यो ओलंपिक के रजत पदक विजेता चेक गणराज्य के जैकब वाडलेज ने 77.32 मीटर के साथ सातवां स्थान हासिल किया। चोपड़ा ने बाद में कहा कि शीर्ष स्थान के लिए उनके और पथिरागे के बीच कड़ी टक्कर थी। उन्होंने कहा, ‘‘मुझे अहसास ही नहीं हुआ कि यह केवल नौ सेंटीमीटर का अंतर था। यह बहुत कम अंतर था, लेकिन मैं 88 मीटर के थ्रो सेखुश हूं। सच कहूं तो, मुझे ऐसा लगा ही नहीं कि मेरा थ्रो 88 मीटर तक गया। मैं बहुत सहज महसूस कर रहा था। मैंने बहुत मेहनत की और बाद में अपनी तकनीक पर ध्यान केंद्रित किया।’’चोपड़ा ने कहा, ‘‘प्रत्येक प्रतियोगिता के बाद मुझे ऐसा लगता है कि मैं अपने प्रदर्शन में निरंतर सुधार कर रहा हूं। लुसाने और ज्यूरिख में मौजूद दर्शक एथलेटिक्स को समझते हैं और वास्तव में आपका समर्थन करते हैं, इसलिए यहां प्रतिस्पर्धा करना हमेशा अच्छा लगता है।’’चोपड़ा की चार और पांच सितंबर को ब्रुसेल्स में होने वाले डायमंड लीग फाइनल में जगह बनाने की संभावना बढ़ गई है। इस प्रतियोगिता में रैंकिंग में शीर्ष छह पर रहने वाले खिलाड़ी भाग लेंगे। पथिरागे और पीटर्स पहले ही इसके के लिए क्वालीफाई कर चुके हैं। अभी एक और डायमंड लीग प्रतियोगिता 27 अगस्त को ज्यूरिख में होनी है। चोपड़ा ने 2022 में डायमंड लीग फाइनल का खिताब जीता था जबकि 2023, 2024 और 2025 में वह दूसरे स्थान पर रहे थे। दक्षिण एशिया के दो प्रतिद्वंद्वियों के बीच मुकाबला उम्मीदों पर खरा उतरा, जब चोपड़ा ने अपने दूसरे प्रयास में 88.05 मीटर का भाला फेंककर पथिरागे को पीछे छोड़ते हुए कुछ समय के लिए शीर्ष स्थान हासिल किया। श्रीलंकाई खिलाड़ी ने हालांकि तुरंत ही तीसरे प्रयास में 88.14 मीटर का भाला फेंककर फिर से शीर्ष स्थान हासिल कर दिया। यह लगातार तीसरा अवसर था जब 23 वर्षीय पथिरागे ने इस साल दो बार के ओलंपिक पदक विजेता चोपड़ा को हराया। इससे पहले उन्होंने दोहा डायमंड लीग और ग्लास्गो राष्ट्रमंडल खेलों में भारतीय सुपरस्टार को पीछे छोड़ा था। पथिरागे ने इन दोनों प्रतियोगिताओं में जीत हासिल की थी, जबकि चोपड़ा क्रमशः चौथे और दूसरे स्थान पर रहे थे। चोपड़ा ने 83.54 मीटर के थ्रो से शुरुआत की और फिर 88.05 मीटर का शानदार थ्रो किया। तीसरे प्रयास में उन्होंने 83.72 मीटर का थ्रो किया। चौथे प्रयास में उन्हें ‘नो मार्क’ मिला। उन्होंने पांचवा प्रयास नहीं लिया जबकि अपने छठे और अंतिम प्रयास में 82.15 मीटर की दूरी तय की।
दूसरा टेस्ट: मिचेल स्टार्क की घातक गेंदबाजी, ऑस्ट्रेलिया ने बांग्लादेश को 64 रन पर समेटा
डार्विन में खेले गए पहले टेस्ट में ऑस्ट्रेलिया पर ऐतिहासिक जीत दर्ज करने वाली बांग्लादेश की टीम साउथ मैके में खेले जा रहे दूसरे टेस्ट की पहली पारी में महज 64 रन पर सिमट गई।
बेहतरीन डिफेंस के बावजूद हॉकी वर्ल्ड कप में नीदरलैंड्स से हारी भारतीय मिला टीम
बिछू की अगुवाई में भारतीय डिफेंस ने साहसिक प्रदर्शन किया लेकिन पेरिस ओलंपिक और पिछले तीन बार की वर्ल्ड चैम्पियन नीदरलैंड की टीम ने एफआईएच वर्ल्ड कप के दूसरे दौर के पहले मुकाबले में शुक्रवार को 2-0 से जीत दर्ज की।
Kolkata में 3 अक्टूबर को होगा भारत और Brazil का मुकाबला, पूर्व कप्तान विजयन ने जताया उत्साह
फुटबॉल के दिग्गज आई एम विजयन ने तीन अक्टूबर को कोलकाता में होने वाले भारत-ब्राजील अंतरराष्ट्रीय मैत्री मैच को लेकर उत्साह जताते हुए कहा कि पांच बार की विश्व कप विजेता ब्राजील टीम का भारत आना युवा खिलाड़ियों के लिए जीवनभर याद रहने वाला अनुभव होगा। अखिल भारतीय फुटबॉल महासंघ की ओर से जारी बयान के अनुसार, विजयन ने कहा कि ब्राजील टीम का भारत दौरा देश के फुटबॉल के लिए बड़ा सकारात्मक कदम होगा और इससे भारतीय फुटबॉल को दुनियाभर में पहचान मिलेगी। पूर्व भारतीय कप्तान विजयन ने कहा, ‘‘युवा खिलाड़ी उनके खिलाफ खेलेंगे और अनुभव हासिल करेंगे, जो बहुत बड़ी बात है। इसे भी पढ़ें: India vs Brazil: बाइचुंग भूटिया ने की Boycott की अपील, बोले- 30 करोड़ Football Development पर हों खर्च यह उनके लिए जीवनभर की याद बन जाएगी। ’’ विजयन को भारत के अब तक के सबसे महान फुटबॉल खिलाड़ियों में से एक माना जाता है।
Neeraj Chopra ने Lausanne Diamond League में जीता रजत पदक, पथिरागे शीर्ष पर
भारतीय भाला फेंक के दिग्गज खिलाड़ी नीरज चोपड़ा ने एक साल से अधिक समय में अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन किया, लेकिन शुक्रवार को यहां लुसाने डायमंड लीग में श्रीलंका के उभरते सितारे रमेश पथिरागे ने सिर्फ नौ सेंटीमीटर के अंतर से उन्हें स्वर्ण पदक से वंचित कर दिया। चोपड़ा ने अपने दूसरे प्रयास में 88.05 मीटर का थ्रो किया, जो उनका सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन था। इससे यह 28 वर्षीय भारतीय खिलाड़ी नौ खिलाड़ियों के मुकाबले में दूसरे स्थान पर रहा। चोपड़ा का यह पिछले साल जून के बाद सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन था। उन्होंने जून 2025 में पेरिस डायमंड लीग जीतने के दौरान 88.16 मीटर का थ्रो किया था। यह इस सत्र का उनका सर्वश्रेष्ठ थ्रो भी था। लेकिन 23 वर्षीय पथिरागे ने इस सत्र में अपना दबदबा बरकरार रखते हुए अपने तीसरे प्रयास में 88.14 मीटर के थ्रो के साथ चोपड़ा को पीछे छोड़ दिया। ग्रेनाडा के एंडरसन पीटर्स ने अपने छठे और अंतिम प्रयास में 86.69 मीटर की दूरी तय करके तीसरा स्थान हासिल किया। त्रिनिदाद और टोबैगो के मौजूदा विश्व चैंपियन केशोर्न वालकॉट 83.71 मीटर के सर्वश्रेष्ठ थ्रो के साथ चौथे स्थान पर रहे।
मिचेल स्टार्क ने 6 विकेट लेकर रचा इतिहास, बने WTC में सबसे ज्यादा विकेट लेने वाले गेंदबाज
मिचेल स्टार्क ने बांग्लादेश के खिलाफ मैके टेस्ट में सिर्फ 22 गेंदों पर 5 विकेट लेकर इतिहास रच दिया है। वह अब WTC में सबसे ज्यादा विकेट लेने वाले गेंदबाज बन गए हैं।
दो बार के ओलंपिक पदक विजेता भारत के अनुभवी भाला फेंक एथलीट नीरज चोपड़ा ने लुसाने डायमंड लीग में शानदार प्रदर्शन किया। नीरज ने लुसाने में इस सत्र का अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन किया, लेकिन वह दूसरे स्थान पर रही है।
हॉकी विश्व कप: भारतीय पुरुष टीम का मेजबान नीदरलैंड से अहम मुकाबला आज
नई दिल्ली, 22 अगस्त (आईएएनएस)। एफआईएच हॉकी पुरुष विश्व कप में शनिवार को भारतीय टीम का मुकाबला मेजबान नीदरलैंड से होना है। मैच शाम 7:30 बजे से वैगनर हॉकी स्टेडियम में खेला जाएगा। नीदरलैंड मौजूदा ओलंपिक चैंपियन है। सेमीफाइनल में जगह बनाने के दृष्टिकोण से बेहद अहम इस मैच में भारतीय टीम को नीदरलैंड से कड़ी चुनौती मिलेगी।
रेखा से जीनत अमान तक...इन बॉलीवुड हसीनाओ के साथ जुड़ा पूर्व पाकिस्तानी क्रिकेटर और PM इमरान खान का नाम
दिल्ली प्रीमियर लीग (DPL) 2026 में नॉर्थ दिल्ली स्ट्राइकर्स के कप्तान सार्थक रंजन अपने बल्ले से जमकर तबाही मचा रहे हैं। वह 8 पारियों में 166.54 के विस्फोटक स्ट्राइक रेट से 473 रन बनाकर इस समय टूर्नामेंट के टॉप स्कोरर बने हुए हैं।
भारत की उभरती हुई मोटरस्पोर्ट्स राइडर अतीका मीर ने छोटी सी उम्र में बड़ी उपलब्धियां हासिल की हैं। अतीका की इन उपलब्धियों को अब विश्व मोटरस्पोर्ट जगत से सराहना मिल रही है।
क्रिस्टियानो रोनाल्डो लगातार 25 सीजन में गोल करने वाले पहले खिलाड़ी बन गए हैं। उन्होंने स्वीडन के दिग्गज फुटबॉलर ज्लातान इब्राहिमोविच का लगातार 24 सीजन में गोल करने का रिकॉर्ड पीछे छोड़ दिया। 21 अगस्त को सऊदी प्रो लीग में अल नास्र ने अल रियाद को 4-0 से हराया। 41 साल के रोनाल्डो सब्स्टीट्यूट के तौर पर 62वें मिनट में मैदान पर उतरे और 83वें मिनट में टीम का चौथा गोल किया। यह उनके प्रोफेशनल करियर का 977वां गोल है। 25वें सीजन की शुरुआत गोल के साथ रोनाल्डो ने अपने प्रोफेशनल करियर के 25वें सीजन की शुरुआत भी गोल के साथ की। उन्होंने 2002-03 सीजन में स्पोर्टिंग सीपी के लिए अपना पहला गोल किया था। इसके बाद वह हर सीजन में कम से कम एक गोल करने में कामयाब रहे हैं। 62वें मिनट में मैदान पर आए, 83वें में गोल किया अल रियाद के खिलाफ रोनाल्डो को शुरुआती प्लेइंग-11 में जगह नहीं मिली। वह 62वें मिनट में मैदान पर आए। उस समय अल नास्र 3-0 से आगे थी। 83वें मिनट में आयमन याह्या के लो क्रॉस पर रोनाल्डो ने 8 यार्ड की दूरी से गोल किया। इब्राहिमोविच का रिकॉर्ड पीछे छोड़ा इब्राहिमोविच ने 1999 से 2022-23 तक लगातार 24 सीजन में गोल किए थे। रोनाल्डो ने अब लगातार 25 सीजन में गोल कर उन्हें पीछे छोड़ दिया है। अल नास्र के लिए यह रोनाल्डो का सभी प्रतियोगिताओं में 130वां गोल है। वह अपने करियर के 1,000 गोल के आंकड़े के भी करीब पहुंच गए हैं। अल नास्र की 4-0 से जीत अल नास्र के लिए अब्दुलइलाह अल-अमरी, एंजेलो गैब्रिएल, जोआओ फेलिक्स और रोनाल्डो ने गोल किए। टीम ने अल रियाद को 4-0 से हराया।
मिचेल स्टार्क ने दूसरे टेस्ट में गेंद से बरपाया कहर, सिर्फ 22 गेंदों में पूरा किया 5 विकेट हॉल
ऑस्ट्रेलिया और बांग्लादेश के बीच दूसरे टेस्ट मैच की शुरुआत हो चुकी है। मैके में खेले जा रहे इस मैच में ऑस्ट्रेलिया के तेज गेंदबाज मिचेल स्टार्क ने गेंद से कहर बरपाया है।
मेजर लीग सॉकर में बुधवार 19 अगस्त को इंटर मियामी और फिलाडेल्फिया यूनियन के बीच खेले गए मैच में इंटर मियामी के स्टार फुटबॉलर लियोनेल मेसी ने विपक्षी खिलाड़ी क्विन सुलिवन की गर्दन के पीछे हाथ मारा। दोनों के बीच यह विवाद मैच के दूसरे हाफ में गेंद से दूर हुआ। घटना के वक्त रेफरी फिलिप डुजिक का ध्यान दूसरी तरफ था, जिससे मेसी को मैदान पर कोई येलो या रेड कार्ड नहीं मिला और खेल जारी रहा। शुक्रवार को वीडियो फुटेज की समीक्षा के बाद अनुशासन समिति ने उन पर यह फाइन लगाया। मेसी को सस्पेंड नहीं किया गया है, जिससे वे अगले मैचों में खेलने के लिए उपलब्ध रहेंगे। इयान फ्रे पर भी जुर्माना, कैवन सुलिवन का रेड कार्ड रद्द इसी मैच के स्टॉपेज टाइम में बॉक्स के भीतर हुई एक अन्य घटना के लिए इंटर मियामी के डिफेंडर इयान फ्रे पर भी जुर्माना लगाया गया। फ्रे ने चैलेंज के दौरान क्विन सुलिवन को गर्दन से पकड़ा था। इसके बाद क्विन के छोटे भाई और 16 साल के फिलाडेल्फिया खिलाड़ी कैवन सुलिवन अपने भाई के बचाव में आए। इस दौरान उनकी मियामी के यानिक ब्राइट से झड़प हो गई। ब्राइट का कैवन के चेहरे से साफ संपर्क हुआ, जिसके बाद रेफरी ने दोनों खिलाड़ियों को सीधे रेड कार्ड दिखा दिया। हालांकि, MLS के स्वतंत्र समीक्षा पैनल ने कैवन सुलिवन के रेड कार्ड पर लगाए गए एक मैच के निलंबन और जुर्माने को सर्वसम्मति से रद्द कर दिया। अब वह शनिवार को ऑस्टिन एफसी के खिलाफ फिलाडेल्फिया के मैच में खेलने के लिए उपलब्ध रहेंगे। स्वतंत्र समीक्षा पैनल में यूएस सॉकर और कनाडा सॉकर के प्रतिनिधि शामिल थे। इसके अलावा, प्रोफेशनल रेफरी ऑर्गेनाइजेशन (PRO) की ओर से नामित एक स्वतंत्र प्रतिनिधि भी पैनल का हिस्सा था। MLS में मेसी पर दूसरी बार जुर्माना 2023 में लीग से जुड़ने के बाद एमएलएस ने मेसी पर दूसरी बार जुर्माना लगाया है। इससे पहले फरवरी 2025 में न्यूयॉर्क सिटी एफसी के असिस्टेंट मेधी बालूशी के साथ मैच के बाद हुए विवाद को लेकर मेसी पर जुर्माना लगा था। दोनों के बीच थोड़ी देर बहस हुई थी और मेसी बालूशी के पास जाकर उनकी गर्दन पकड़ते दिखे थे। इंटर मियामी दूसरे स्थान पर यह मैच 2-2 से ड्रॉ रहा। 20 मैचों के बाद इंटर मियामी ईस्टर्न कॉन्फ्रेंस में दूसरे स्थान पर है। फिलाडेल्फिया 13वें स्थान पर है। ------------------------------------ स्पोर्ट्स की यह खबर भी पढ़ें… भारत घर से बाहर 300वां टेस्ट खेलेगा, सिर्फ 64 जीते:श्रीलंका के खिलाफ मैच कल से, कुलदीप की जगह सारांश डेब्यू कर सकते हैं भारत कल (23 अगस्त) से घर से बाहर 300वां टेस्ट मैच खेलने जा रही है। कोलंबो में श्रीलंका के खिलाफ होने जा रहे इस मैच को जीतकर इंडिया सबसे ज्यादा जीत के मामले में वेस्टइंडीज को पीछे छोड़ देगा। अभी दोनों के पास 187-187 जीत हैं। पूरी खबर
नीरज चोपड़ा का 9cm से टूटा दिल, लॉजेन डायमंड लीग में दूसरे पायदान पर रहे; कौन बना नंबर-1?
नीरज चोपड़ा मात्र 9 सेंटीमीटर के अंतर से लॉजेन डायमंड लीग में दूसरे पायदान पर रहे। हाल ही में हुए कॉमनवेल्थ गेम्स में गोल्ड मेडल हासिल करने वाले श्रीलंका के रुमेश पथिरगे ने यहां एक बार फिर बाजी मारी।
मेंस हॉकी वर्ल्ड कप में आज भारत का सामना मौजूदा ओलिंपिक चैंपियन नीदरलैंड से होगा। टीम दूसरे राउंड के पूल-E में अपना पहला मैच खेलेगी। मैच शाम 7:30 बजे से वैगनर हॉकी स्टेडियम में खेला जाएगा। भारत पूल-E में इंग्लैंड, नीदरलैंड और अर्जेंटीना के साथ है। टीम नीदरलैंड और अर्जेंटीना के साथ मैच खेलेगी। भारत पहले राउंड में इंग्लैंड से खेल चुका है, जिसमें उसे हार मिली थी। नए फॉर्मेट के अनुसार टॉप-8 में शामिल टीमें अगर पहले राउंड में खेल चुकी हैं, तो उनका मैच दूसरे राउंड में नहीं होगा। पिछले मैच का रिजल्ट दूसरे राउंड में जोड़ा जाएगा। इसके हिसाब भारत पूल-E में एक हार के साथ तीसरे स्थान पर है। उसके लिए अब दोनों मैच जीतने जरूरी है। भारत ने पहले राउंड में 2 मैच जीते आखिरी मैच में भारत ने नीदरलैंड को हराया था भारत के लिए अच्छी बात है कि उसने इसी साल जून में खेले गए हॉकी प्रो-लीग के आखिरी मुकाबले में नीदरलैंड को 3-2 से हराया था। इस मैच में जुगराज सिंह, अभिषेक और राजिंदर सिंह ने गोल किए थे। ये तीनों खिलाड़ी वर्ल्ड कप में भी भारतीय टीम का हिस्सा हैं। दूसरे हाफ में कमजोर खेल भारत के लिए चिंता भारत की सबसे बड़ी चिंता मजबूत शुरुआत के बाद मैच पर पकड़ खोना है। पाकिस्तान के खिलाफ भारत एक समय 3-0 और फिर 4-1 से आगे था, लेकिन पाकिस्तान ने वापसी करते हुए गोल का अंतर कम कर दिया। आखिर में स्कोर 5-3 रहा। इंग्लैंड के खिलाफ भी भारत हाफ टाइम तक 2-1 से आगे था। फिर तीसरे क्वार्टर में दो गोल खाने के बाद मुकाबला 2-4 से गंवा दिया। नीदरलैंड जैसी मजबूत टीम के खिलाफ भारत को पूरे मैच में डिफेंस मजबूत रखना होगा। कप्तान हरमनप्रीत बोले- डिफेंस में सुधार जरूरी टूर्नामें में 5 गोल कर चुके कप्तान हरमनप्रीत सिंह ने पाकिस्तान से मुकाबले के बाद कहा था कि डीप डिफेंस में सुधार करना होगा। उनके कहा- ‘भारत को विपक्षी टीम के 25 मीटर के अंदर गेंद मिलने पर उसका बेहतर इस्तेमाल करना होगा और छोटी गलतियों से बचना होगा।’ दूसरी ओर नीदरलैंड के कप्तान थिएरी ब्रिंकमन ने भारत को खतरनाक टीम बताया। उन्होंने कहा कि भारत अपने दिन पर किसी भी टीम को हरा सकता है। भारतीय पैरा टीम आज दो मुकाबले खेलेगी पैरा हॉकी वर्ल्ड कप में भारतीय टीम आज 2 मैच खेलेगी। टीम का पहला मैच मलेशिया, जबकि दूसरा मुकाबला अर्जेंटीना से होगा। 22 अगस्त को मेंस और विमेंस टीम के मुकाबले…
वर्ल्ड बैडमिंटन चैंपियनशिप 2026 के विमेंस डबल्स में भारत की त्रिसा जॉली और गायत्री गोपीचंद आज सेमीफाइनल मुकाबला खेलेंगी। भारतीय जोड़ी का सामना वर्ल्ड नंबर-1 जोड़ी चीन की लियू शेंग शू और टैन निंग से होगा। त्रिसा-गायत्री का मेडल पहले ही पक्का हो चुका है। भारतीय जोड़ी ने क्वार्टरफाइनल में चीन की जिया यी फान और झांग शू शियान को 16-21, 21-15, 21-13 से हराकर सेमीफाइनल में जगह बनाई थी। चीन की जोड़ी के खिलाफ खराब रिकॉर्ड ये दोनों जोड़ियां इससे पहले 7 बार आमने-सामने आई हैं। इनमें चीन की जोड़ी ने 6 मैच जीते हैं, जबकि त्रिसा-गायत्री को सिर्फ 1 जीत मिली है। हालांकि भारतीय जोड़ी इस वर्ल्ड चैंपियनशिप में शानदार फॉर्म में है। अगर वे यह मैच जीत जाते हैं, तो चैंपियनशिप में सिल्वर जीतने वाली पहली भारतीय जोड़ी भी बन जाएगी। त्रिसा-गायत्री ने पिछला मुकाबला कमबैक से जीता क्वार्टरफाइनल में चीनी जोड़ी ने पहला गेम 21-16 से जीतकर बढ़त बना ली थी। इसके बाद त्रिसा और गायत्री ने शानदार वापसी की। भारतीय जोड़ी ने डिफेंस मजबूत किया और नेट पर बेहतर खेल दिखाते हुए दूसरा गेम 21-15 से अपने नाम किया। तीसरे गेम में भी भारतीय जोड़ी ने दबाव बनाए रखा। त्रिसा-गायत्री ने 10-5 की बढ़त बनाई और फिर चीनी जोड़ी को वापसी का मौका नहीं दिया। उन्होंने तीसरा गेम 21-13 से जीतकर मुकाबला अपने नाम कर लिया। वर्ल्ड चैंपियनशिप में मेडल जीतने वाली दूसरी भारतीय जोड़ी इसके साथ ही त्रिसा-गायत्री वर्ल्ड चैंपियनशिप में विमेंस डबल्स मेडल जीतने वाली दूसरी भारतीय जोड़ी बन गई है। इससे पहले 2011 में ज्वाला गट्टा और अश्विनी पोनप्पा ने ब्रॉन्ज मेडल जीता था। 22 अगस्त को होने वाले सभी सेमीफाइनल मैच
भारत कल (23 अगस्त) से घर से बाहर 300वां टेस्ट मैच खेलने जा रही है। कोलंबो में श्रीलंका के खिलाफ होने जा रहे इस मैच को जीतकर इंडिया सबसे ज्यादा जीत के मामले में वेस्टइंडीज को पीछे छोड़ देगा। अभी दोनों के पास 187-187 जीत हैं। भारतीय ने गॉल में अपना 600वां टेस्ट मैच खेला था। उसने 165 रन की जीत हासिल करके 2 मैचों की सीरीज में 1-0 से बढ़त हासिल की थी। टीम वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप के मौजूदा साइकल में 53.33% पॉइंट्स के साथ 5वें स्थान पर है। विदेशी पिचों पर 21% मैच ही जीत सका है भारत भारत ने घर में और घर से बाहर बराबर मैच खेले हैं। लेकिन, दोनों में प्रदर्शन में काफी फर्क है। टीम ने घरेलू मैदानों पर 41% मैच जीते हैं। जबकि, विदेशी मैदानों पर 21% मैच ही जीते हैं। ओवरऑल मैचों में भारत का सक्सेस रेट 31% है। कुलदीप के खेलने पर सस्पेंस, सारांश का डेब्यू संभव कुलदीप यादव के दूसरे टेस्ट में खेलने पर सस्पेंस है। मीडिया रिपोर्ट्स में दावा किया गया था कि उन्हें प्लेइंग-11 से बाहर किया जा सकता है। उनकी जगह पर सारांश जैन को मौका दिया जाएगा। गॉल टेस्ट में कुलदीप ने 25 ओवर गेंदबाजी की थी। उन्हें महज एक विकेट मिला। हालांकि, स्पिन गेंदबाजी कोच साईराज बहुतेले ने उनका बचाव किया है। उन्होंने शुक्रवार को प्री-मैच कॉन्फ्रेंस में कहा- उन्होंने (कुलदीप) गॉल में अच्छी गेंदबाजी की। मैच की जरूरत के अनुसार उन्हें अपना रोल बदलना पड़ा। मैच में खास सिंहली की पिच में पहले बैटिंग फायदेमंद रहेगा कोलंबो के सिंहली स्पोर्ट्स क्लब (SSC) ग्राउंड की पिच बैटर्स और बॉलर्स के लिए बैलेंस है। शुरुआती दिनों में गेंद बल्ले पर अच्छी तरह आती है, इससे बड़ा स्कोर बनाना आसान होता है। जैसे-जैसे मैच आगे बढ़ता है पिच सूखने लगती है। इससे स्पिनर्स को अच्छा टर्न, ग्रिप और उछाल मिलता है। यहां टॉस जीतकर पहले बैटिंग करना अच्छा विकल्प है। दोनों टीमों की पॉसिबल प्लेइंग-11 भारत: यशस्वी जायसवाल, केएल राहुल, देवदत्त पडिक्कल, शुभमन गिल, ऋषभ पंत (विकेटकीपर), ध्रुव जुरेल, रवींद्र जडेजा, मानव सुथार, सारांश जैन, प्रसिद्ध कृष्णा, मोहम्मद सिराज। श्रीलंका: लाहिरू उदारा, निशान फर्नांडो, दिनेश चांदीमल, कामिंदु मेंडिस, धनंजय डिसिल्वा (कप्तान), निरोशन डिकवेला (विकेटकीपर), सोनल दिनूषा, केशरा नुवानथा, प्रभात जयसूर्या, असिथा फर्नांडो, लाहिरू कुमारा।
लुसाने डायमंड लीग में नीरज चोपड़ा ने 88.05 मीटर का सीजन बेस्ट थ्रो करते हुए दूसरा स्थान हासिल किया।
भारत के स्टार जेवलिन थ्रोअर नीरज चोपड़ा लुसाने डायमंड लीग में दूसरे स्थान पर रहे। उन्होंने दूसरे प्रयास में 88.05 मीटर भाला फेंका। वहीं, श्रीलंका के रुमेश पथिरागे 88.14 मीटर के साथ खिताब जीता। (हम इस खबर को अपडेट कर रहे हैं।)
कैसे जन्मा और वायरल हुआ हायरॉक्स खेल
हायरॉक्स, हाल के बरसों में दुनिया में सबसे तेजी से बढ़ने वाला फिटनेस स्पोर्ट्स है. कोई खेल कैसे जन्म लेता है और फिर कैसे लोकप्रिय हो जाता है, ये जानने के लिए आपको करीब 9 साल के हायरॉक्स को देखना चाहिए.
Neeraj Chopra Javelin Live: दूसरे प्रयास में नीरज का धमाका, 88.05 मीटर के थ्रो से बने नंबर-1
Neeraj Chopra Javelin Throw Live Updates: नमस्कार! अमर उजाला के लाइव ब्लॉग में आपका स्वागत है।
FIH Women's World Cup में नीदरलैंड से 0-2 से हारी भारतीय टीम, डिफेंस ने दिखाया दम
(मोना पार्थसारथी)एम्सटेलवीन, 21 अगस्त एक बार फिर भारतीय गोलकीपरों सविता और बिछू की अगुवाई में भारतीय डिफेंस ने साहसिक प्रदर्शन किया लेकिन पेरिस ओलंपिक और पिछले तीन बार की विश्व चैम्पियन नीदरलैंड की टीम ने एफआईएच विश्व कप के दूसरे दौर के पहले मुकाबले में शुक्रवार को 2 - 0 से जीत दर्ज की। इंग्लैंड के खिलाफ पिछले मैच में बारह पेनल्टी कॉर्नर बचाने वाले भारतीय गोलकीपरों और डिफेंडरों ने दुनिया की नंबर एक टीम को खचाखच भरे वेगनेर स्टेडियम पर खुलकर खेलने नहीं दिया। पहले दौर में तीन मैचों में पंद्रह गोल करने वाली डच टीम के लिये दूसरे मिनट में यिब्बी यानसेन ने और 38वें मिनट में फ्रेडरिक माल्टा ने पेनल्टी कॉर्नर पर गोल दागे। नीदरलैंड को आखिरी सेकंडों में भी पेनल्टी कॉर्नर मिला जिसे सविता ने रोक दिया। भारत को अब रविवार को आस्ट्रेलिया से खेलना है और सेमीफाइनल की उम्मीदें बचाये रखने के लिये उसे हर हालत में यह मैच जीतना होगा। नीदरलैंड टीम पेरिस ओलंपिक और पिछले विश्व कप में एक भी मैच नहीं हारी। इसके अलावा एफआईएच प्रो लीग के पिछले सत्र में सिर्फ दो मैच गंवाये थे। वेगनेर स्टेडियम पर डच समर्थक आरेंज जर्सी पहनकर आये थे जो आज भारत की जर्सी का रंग था जबकि सह मेजबान टीम नीली जर्सी में खेली। नीदरलैंड ने पहले दौर में जापान को 9-0 से, आस्ट्रेलिया को 4-2 से और चिली को 2-0 से हराया था जबकि भारतीय टीम भी अपराजेय रहते हुए दूसरे दौर में पहुंची। भारत ने चीन को 2-2 से और इंग्लैंड को 0-0 से ड्रॉ पर रोका जबकि दक्षिण अफ्रीका को 6-1 से मात दी। नीदरलैंड ने अपेक्षा के अनुरूप बेहद आक्रामक शुरूआत करते हुए दूसरे ही मिनट में पेनल्टी कॉर्नर बनाया जिस पर टूर्नामेंट में अब तक सर्वाधिक छह गोल कर चुकी उसकी ड्रैग फ्लिकर यिब्बी यानसेन ने सातवां गोल दागा। पहला गोल जल्दी गंवाने के बाद भारतीय डिफेंस ने बेहतर प्रदर्शन करते हुए नीदरलैंड के स्ट्राइकरों को बांधे रखा। पांचवें मिनट में इंग्लैंड को सर्कल में बाधित होने के कारण रेफरल पर पेनल्टी कॉर्नर मिला जिस पर यिब्बी के तूफानी शॉट को बिछू ने बायां पैर आगे करके कुशलता से रोका। इंग्लैंड के खिलाफ आखिरी पूल मैच में अंतिम 30 सेकंड में गोल बचाने वाली बिछू ने उसी लय को कायम रखते हुए अगले मिनट फिर शानदार बचाव किया। भारतीय खिलाड़ी आठवें मिनट में पहली बार डच हाफ में घुसे फाउल से नीदरलैंड को फ्रीहिट मिल गई। बारहवें मिनट में नीदरलैंड की पियेन सैंडर्स का निशाना चूक गया। इसके अगले मिनट पलटवार में सलीमा टेटे गेंद लेकर आगे बढी लेकिन सर्कल पर से उनका शॉट सटीक निशाने पर नहीं लगा। मेजबान टीम को इसी मिनट मिले पास पर यिब्बी का शॉट गोलपोस्ट से टकरा गया। दूसरे क्वार्टर में गोल के सामने सविता पूनिया का अनुभव काम आया और डच टीम कई हमलों के बावजूद गोल नहीं कर सकी। भारत को 19वें मिनट में लालरेम्सियामी ने पेनल्टी कॉर्नर दिलाया जिस पर गेंद पहले रशर से टकराने के बाद लगातार दूसरा पेनल्टी कॉर्नर मिला लेकिन दीपिका के शॉट पर गेंद पहले रशर की स्टिक से टकराकर बाहर निकल गई। भारत को लांग कॉर्नर मिला लेकिन गेंद हाथ से निकल गई। नवनीत ने 22वें मिनट में हवा में आई गेंद को रोककर गोल पर शॉट लगाया लेकिन गेंद बाहर की ओर निकल गई। डच खिलाड़ी 28वें मिनट में बायीं ओर से हमला करने बढे और सर्कल के बीच में पास दिया। गोल के सामने प्रयास किया लेकिन सविता को चकमा नहीं दे सके। अगले ही मिनट पियेन डिके के शॉट को सविता ने आगे की ओर दौड़कर रोक दिया। गेंद अभी भी सर्कल में थी और सलीमा ने रिबाउंड पर प्रयास को नाकाम कर दिया। दूसरे क्वार्टर के आखिरी मिनट में ब्यूटी डुंगडुंग को ग्रीन कार्ड मिलने से भारत के दस खिलाड़ी ही दो मिनट तक मैदान पर थे। हाफटाइम तक नीदरलैंड के पास सिर्फ एक गोल की बढत थी। आधे घंटे से अधिक समय में गोल नहीं कर सकी नीदरलैंड टीम ने तीसरे क्वार्टर में तीन पेनल्टी कॉर्नर हासिल किये। ब्रेक के बाद तीसरे ही मिनट में मिले पेनल्टी कॉर्नर पर यिब्बी के प्रयास को फर्स्ट रशर सलीमा ने विफल किया। पलटवार में सुनेलिटा टोप्पो गेंद लेकर डी के भीती गई लेकिन डच गोलकीपर ने पैर से रोककर गेंद आराम से बाहर निकाल दी। इसके तीन मिनट बाद नीदरलैंड को मिले पांचवें पेनल्टी कॉर्नर पर फ्रेडरिक माल्टा के शॉट पर गेंद भारतीय डिफेंडर के पैर से टकराकर गोल के भीतर गई। दो मिनट बाद माल्टा पेनल्टी कॉर्नर तब्दील नहीं कर सकी। चौथे क्वार्टर में भारतीयों ने प्रयास किये लेकिन फिनिश तक नहीं ले जा सके। गेंद पर नियंत्रण गंवाने की कमजोरी भारतीय टीम पर भारी पड़ी। वहीं हूटर से पांच मिनट पहले नीदरलैंड के स्ट्राइकरों ने भारतीय गोल पर लगातार हमले बोले लेकिन सविता ने मुस्तैदी दिखाते हुए पहला और रिबाउंड प्रयास रोक दिया।
लुसाने डायमंड लीग में सभी नीरज चोपड़ा ने की अच्छी शुरुआत, पहला थ्रो 83.54 मीटर का फेंका
डायमंड लीग के मौजूदा सीजन का अगला चरण लुसाने में आयोजित किया जा रहा है, जिसमें सभी की नजरें जैवलिन थ्रो के इवेंट में नीरज चोपड़ा पर हैं।
इंग्लैंड की खिलाड़ी ने किया रिटायरमेंट का ऐलान, 15 साल लंबा रहा है इंटरनेशनल करियर
इंग्लैंड महिला टीम की खिलाड़ी केट क्रॉस ने अपने रिटायरमेंट का ऐलान कर दिया है, जिसमें उन्होंने साफ किया कि वह इस इंग्लिश समर सीजन के खत्म होने के साथ प्रोफेशनल क्रिकेट को अलविदा कह देंगी।
फीफा ने विश्व कप 2026 के अलग-अलग मैचों के दौरान सामने आई घटनाओं को लेकर अर्जेंटीना फुटबॉल एसोसिएशन और कई खिलाड़ियों, अधिकारियों पर कड़े प्रतिबंध और जुर्माने लगाए हैं। लियान्द्रो परेडेज पर 10 मैचों का बैन लगा है।
'हमने अपना सब कुछ झोंक दिया', बीडब्ल्यूएफ वर्ल्ड चैंपियनशिप से बाहर होने के बाद बोले सात्विक-चिराग
नई दिल्ली, 21 अगस्त (आईएएनएस)। भारत के स्टार डबल्स शटलर सात्विकसाईराज रंकीरेड्डी और चिराग शेट्टी को शुक्रवार को बीडब्ल्यूएफ वर्ल्ड चैंपियनशिप के क्वार्टर फाइनल मुकाबले में हार का सामना करना पड़ा। इस हार के साथ ही भारतीय जोड़ी का टूर्नामेंट में सफर भी समाप्त हो गया।
फोर्टिस ने की 'फिट गुरुग्राम' पहल की शुरुआत, 4 अक्टूबर को होगा मैराथन का आयोजन
गुरुग्राम, 21 अगस्त (आईएएनएस)। फोर्टिस मेमोरियल रिसर्च इंस्टीट्यूट (एफएमआरआई), गुरुग्राम ने शहरवासियों को स्वास्थ्य और फिटनेस के प्रति जागरूक करने के लिए 'फिट गुरुग्राम' नामक एक सामुदायिक पहल की शुरुआत की है। इस पहल के तहत 4 अक्टूबर को इसके पहले संस्करण के रूप में एक मैराथन का आयोजन किया जाएगा।
महिला डीपीएल 2026 : नॉर्थ दिल्ली का विजयी आगाज, ईस्ट दिल्ली को एकतरफा मुकाबले में 9 विकेट से रौंदा
ईस्ट दिल्ली की शुरुआत खराब रही और सिर्फ 17 रन पर ही टीम ने अपने 2 अहम विकेट गंवा दिए। वंशिका लीला और सोनाक्षी ने पारी को संभालने की कोशिश की और तीसरे विकेट के लिए 30 रन जोड़े, जिससे ईस्ट दिल्ली को एक अच्छा स्कोर बनाने की उम्मीद जगी।
ब्राजील जैसी दुनिया की दिग्गज फुटबॉल टीम के खिलाफ भारत को खेलते देखने का सपना देश के करोड़ों प्रशंसकों का हो सकता है, लेकिन पूर्व भारतीय कप्तान बाइचुंग भूटिया ने इस मुकाबले को लेकर ही अलग राय रखी है। उन्होंने प्रशंसकों से प्रस्तावित दोस्ताना मुकाबले का बहिष्कार करने की अपील की है। भूटिया का कहना है कि इस आयोजन पर खर्च होने वाली रकम को भारतीय और खासकर पश्चिम बंगाल के फुटबॉल विकास में लगाया जाना ज्यादा फायदेमंद होगा। बाइचुंग भूटिया ने 420 ग्राम्स कार्यक्रम में कहा कि अगर प्रशंसक इस मुकाबले का बहिष्कार करते हैं तो इससे आयोजकों और फुटबॉल संघों को बड़ा संदेश जाएगा। उनके मुताबिक, इससे भविष्य में किसी बड़े आयोजन पर पैसा खर्च करने से पहले संबंधित संस्थाएं उसके फायदे पर भी विचार करेंगी। भूटिया ने पश्चिम बंगाल सरकार की भूमिका का जिक्र करते हुए कहा कि अगर राज्य सरकार इस मुकाबले के लिए पैसा देने या जुटाने की कोशिश कर रही है, तो उसी रकम को राज्य के खिलाड़ियों को तैयार करने में लगाया जाना चाहिए। उन्होंने विशेष रूप से राष्ट्रमंडल खेलों में पदक जीतने वाले खिलाड़ियों की नई पीढ़ी तैयार करने की जरूरत पर जोर दिया। गौरतलब है कि भारत ने शुरुआती दक्षिण-पूर्व एशिया कप में खेलने का मौका छोड़कर ब्राजील के खिलाफ दोस्ताना मुकाबला खेलने का फैसला किया है। इंडोनेशिया की मेजबानी में होने वाले इस टूर्नामेंट में भारत को आमंत्रित किया गया था। इसमें इंडोनेशिया के अलावा सिंगापुर और मलेशिया भी शामिल हैं। टूर्नामेंट का फाइनल 4 अक्टूबर को होना है, जबकि भारत और ब्राजील के बीच दोस्ताना मुकाबला 3 अक्टूबर को प्रस्तावित है। मौजूद जानकारी के अनुसार, इस मुकाबले के आयोजन पर करीब 30 करोड़ रुपये खर्च किए जाने की चर्चाएं हैं। हालांकि, भूटिया ने कहा कि इतनी बड़ी रकम को सिर्फ 90 मिनट के एक मुकाबले पर खर्च करने के बजाय लंबे समय की योजना के तहत इस्तेमाल किया जाना चाहिए। उन्होंने सुझाव दिया कि 30 करोड़ रुपये से अगले चार वर्षों में पश्चिम बंगाल के खिलाड़ियों को राष्ट्रमंडल खेलों के लिए तैयार किया जा सकता है। इसके अलावा उन्होंने राज्य से ओलंपिक पदक विजेता तैयार करने और अलग-अलग क्षेत्रों में फुटसल के करीब 100 छोटे मैदान बनाने का सुझाव भी दिया। भूटिया का तर्क है कि बड़े अंतरराष्ट्रीय मुकाबले से एक दिन के लिए उत्साह जरूर पैदा होगा। दर्शक स्टेडियम पहुंचेंगे, मीडिया में चर्चा होगी और सरकार तथा आयोजकों को भी इससे प्रचार मिलेगा, लेकिन मुकाबला खत्म होने के बाद वह पैसा वापस नहीं आएगा। उनके अनुसार, अगर यही रकम आधारभूत ढांचे और खिलाड़ियों की तैयारी पर खर्च की जाए तो उसका लाभ कई वर्षों तक मिल सकता है। उन्होंने यह भी कहा कि ब्राजील के खिलाफ मुकाबला होने पर प्रशंसक उत्साहित होंगे, लेकिन इसके बाद भारतीय फुटबॉल के सामने मौजूद बुनियादी समस्याएं खत्म नहीं होंगी। इसलिए उनका जोर एक बड़े मुकाबले के बजाय ऐसी योजना पर है, जिससे आने वाली पीढ़ी के खिलाड़ियों को बेहतर प्रशिक्षण, मैदान और सुविधाएं मिल सकें। उनके बयान ने भारतीय फुटबॉल में तात्कालिक रोमांच और दीर्घकालिक विकास के बीच चल रही बहस को फिर सामने ला दिया है।
क्रिस्टियानो रोनाल्डो के फैंस के लिए नए सीजन की शुरुआत से पहले अच्छी खबर सामने आई है। पुर्तगाल के दिग्गज फुटबॉलर शादी के बाद अल-नस्र के अभ्यास सत्र में लौट आए हैं और अब उनके सीजनके पहले मुकाबले में मैदान पर उतरने की संभावना जताई जा रही है। टीम के नए मुख्य कोच एंजे पोस्टेकोग्लू ने रोनाल्डो की फिटनेस और उपलब्धता को लेकर सकारात्मक संकेत दिए हैं। अल-नस्र शनिवार को सऊदी प्रो लीग के नए सीजनके अपने पहले मुकाबले में अल-फतेह का सामना करेगा। यह मुकाबला पोस्टेकोग्लू के लिए भी खास होगा, क्योंकि अल-नस्र के मुख्य कोच के रूप में यह उनका पहला आधिकारिक मुकाबला होगा। जब उनसे पूछा गया कि क्या रोनाल्डो शुरुआती मैच में खेल सकते हैं, तो उन्होंने कहा, रोनाल्डो हमेशा तैयार रहते हैं। बता दें कि 41 वर्षीय रोनाल्डो हाल ही में जॉर्जीना रोड्रिगेज के साथ शादी के बाद टीम के अभ्यास से दूर थे। अब उन्होंने टीम के साथ दोबारा अभ्यास शुरू कर दिया है। वापसी के दौरान उनके नए हेयरकट की तस्वीरें भी चर्चा में रही हैं। अभ्यास सीजनमें पोस्टेकोग्लू ने उनका स्वागत करते हुए उन्हें और उनके परिवार को शुभकामनाएं दीं। रोनाल्डो के लिए आगामी सीजनव्यक्तिगत उपलब्धि के लिहाज से भी बेहद महत्वपूर्ण है। मौजूद जानकारी के अनुसार, उन्होंने क्लब और देश के लिए अब तक 1326 मुकाबलों में कुल 976 गोल किए हैं। यानी वह 1000 गोल के ऐतिहासिक आंकड़े से सिर्फ 24 गोल दूर हैं। अगर वह इस उपलब्धि तक पहुंचते हैं तो पेशेवर फुटबॉल में यह एक असाधारण व्यक्तिगत रिकॉर्ड होगा। पिछले सत्र में भी रोनाल्डो का प्रदर्शन प्रभावशाली रहा था। उन्होंने सऊदी प्रो लीग में 28 गोल किए और सर्वाधिक गोल करने वाले खिलाड़ियों की सूची में तीसरे स्थान पर रहे। उनकी मौजूदगी अल-नस्र के लिए नए सीजनमें भी सबसे बड़े हथियारों में से एक होगी। गौरतलब है कि अल-नस्र ने पिछले सत्र के अंतिम दिन शानदार प्रदर्शन करते हुए खिताब अपने नाम किया था। टीम ने अल-हिलाल को दो अंकों से पीछे छोड़कर लीग जीती थी। अब उसकी कोशिश नए सीजनमें भी इस प्रदर्शन को बरकरार रखने की होगी। पोस्टेकोग्लू को इस चुनौती के लिए 3 जुलाई को टीम की जिम्मेदारी सौंपी गई थी और उनके साथ दो साल का करार हुआ है। इससे पहले वह जॉर्जे जीसस की जगह टीम के मुख्य कोच बने हैं। नए कोच का लक्ष्य मौजूदा खिलाड़ियों के साथ मजबूत टीम तैयार करना और खिताब की रक्षा करना है। पोस्टेकोग्लू का कहना है कि टीम के सभी खिलाड़ी उपलब्ध हैं और उनके बीच स्थान के लिए स्वस्थ प्रतिस्पर्धा बनी हुई है। ऐसे में अब सबकी नजरें अल-फतेह के खिलाफ मुकाबले पर हैं, जहां रोनाल्डो की संभावित वापसी नए कोच के कार्यकाल की शुरुआत को और खास बना सकती हैं।
विश्व कप फाइनल का रोमांच खत्म होने के बाद मैदान पर हुई एक झड़प अब अर्जेंटीना और स्पेन के खिलाड़ियों के लिए परेशानी का कारण बन गई है। फाइनल के कुछ ही क्षण बाद दोनों टीमों के खिलाड़ियों के बीच हुए विवाद पर फीफा ने शुक्रवार को कड़ी अनुशासनात्मक कार्रवाई की है। मौजूद जानकारी के अनुसार, अर्जेंटीना के मिडफील्डर लिएंड्रो परेदेस को इस मामले में सबसे बड़ी सजा मिली है। फीफा ने उन्हें 10 मैचों के लिए निलंबित कर दिया है। इसका मतलब है कि वह अर्जेंटीना के अगले 10 मुकाबलों में टीम का हिस्सा नहीं बन सकेंगे। इस फैसले से अर्जेंटीना की आने वाली अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं और मुकाबलों में उसकी टीम संयोजन पर असर पड़ सकता है। अर्जेंटीना के डिफेंडर नाहुएल मोलिना पर भी कड़ी कार्रवाई हुई है। उन्हें सात मैचों के लिए निलंबित किया गया है। वहीं, थियागो अल्मादा को एक मैच के लिए प्रतिबंधित किया गया है। तीनों अर्जेंटीना खिलाड़ियों में अल्मादा की सजा सबसे कम है, जबकि परेदेस पर लगाया गया 10 मैच का प्रतिबंध सबसे बड़ा है। गौरतलब है कि फीफा की कार्रवाई केवल अर्जेंटीना तक सीमित नहीं रही है। स्पेन के मिडफील्डर गावी को भी फाइनल के बाद हुई घटना में उनकी भूमिका के लिए निलंबित किया गया है। इसके अलावा अर्जेंटीना के एक कोच पर भी प्रतिबंध लगाया गया है। फीफा ने खिलाड़ियों और टीम अधिकारी पर आर्थिक जुर्माना भी लगाया है। हालांकि, अलग-अलग लोगों पर लगाए गए जुर्माने की रकम उनकी संबंधित सजा के आधार पर अलग रखी गई है। बता दें कि यह विवाद विश्व कप फाइनल खत्म होने के तुरंत बाद शुरू हुआ था। मुकाबले के बाद दोनों टीमों के खिलाड़ी मैदान पर मौजूद थे और इसी दौरान उनके बीच कहासुनी और धक्का-मुक्की की स्थिति पैदा हो गई। घटना ने मैच के रोमांचक अंत के बाद मैदान के माहौल को तनावपूर्ण बना दिया था। फीफा की ओर से लगाए गए प्रतिबंधों का वास्तविक असर अर्जेंटीना के आने वाले मुकाबलों पर इस बात से तय होगा कि इन सजाओं को किस तारीख से लागू किया जाता है। अगर प्रतिबंध तत्काल प्रभाव से लागू होते हैं तो परेदेस को लंबे समय तक टीम से बाहर रहना पड़ सकता है। अंतरराष्ट्रीय फुटबॉल में खिलाड़ियों के बीच मुकाबले के दौरान जोश और आक्रामकता आम बात है, लेकिन मैच खत्म होने के बाद अनुशासन बनाए रखना भी नियमों का अहम हिस्सा है। इसी वजह से फीफा ने घटना की समीक्षा के बाद खिलाड़ियों और टीम अधिकारी के खिलाफ कार्रवाई की है। अब अर्जेंटीना को अपने आगामी मुकाबलों में परेदेस और मोलिना जैसे खिलाड़ियों की अनुपस्थिति के बीच टीम संतुलन बनाए रखने की चुनौती का सामना करना होगा।
World Championships: त्रीसा और गायत्री ने पक्का किया पदक, सात्विक-चिराग हारे
त्रीसा जॉली और गायत्री गोपीचंद की महिला युगल जोड़ी ने विश्व चैंपियनशिप में भारत के पदक अभियान को जारी रखा लेकिन सात्विकसाईराज रंकीरेड्डी और चिराग शेट्टी की पुरुष युगल जोड़ी शुक्रवार को यहां क्वार्टर फाइनल में हारकर तीसरा पदक हासिल करने से चूक गई। त्रीसा और गायत्री की गैर-वरीय जोड़ी ने पहला गेम गंवाने के बाद शानदार वापसी करते हुए महिला युगल क्वार्टर फाइनल में चीन की जिया यी फैन और झांग शू जियान को एक घंटे नौ मिनट तक चले मैच में 16-21 21-15 21-13 से हराकर अपना अंतिम चार में पहुंचने से कम से कम कांस्य पदक पक्का किया। अब उनकी भिड़ंत चीन की लियू शेंग शू और तान निंग की नंबर एक जोड़ी से होगी। भारत ने पिछली बार 2011 में महिला युगल में विश्व चैंपियनशिप में पदक जीता था। तब ज्वाला गुट्टा और अश्विनी पोनप्पा ने लंदन में कांस्य पदक हासिल किया था। लेकिन सात्विक और चिराग की स्टार पुरुष युगल जोड़ी का विश्व चैंपियनशिप में तीसरा पदक जीतने का सपना क्वार्टर फाइनल में विश्व रैंकिंग में तीसरे स्थान पर काबिज चीन के लियांग वेई केंग और वांग चांग की जोड़ी से सीधे गेम में हार के साथ टूट गया। दुनिया की पांचवें नंबर की भारतीय जोड़ी को चीन के पेरिस ओलंपिक रजत पदक विजेता जोड़ी ने 36 मिनट में 21-18, 21-9 से हराया। सात्विक और चिराग ने 2022 और 2025 विश्व चैंपियनशिप में कांस्य पदक जीते थे। गायत्री ने कहा, ‘‘पहले गेम के बाद हमने अपनी रणनीति बदल दी। शुरुआत में यह थोड़ा मुश्किल था। लेकिन हम संयमित रहे और जीत हासिल करने में कामयाब रहे। ’’त्रीसा ने दबाव वाली स्थितियों से निपटने में मदद के लिए मुख्य कोच पुलेला गोपीचंद की शांत बने रहने की सलाह को श्रेय दिया। उन्होंने कहा, ‘‘वह हमेशा कहते हैं कि बस शांत रहो और वर्तमान में रहो। आज इसने सही में काम किया। हमें इसी तरह की सलाह मिली थी। ’’गायत्री ने कहा कि किसी खास प्रतिद्वंद्वी को निशाना बनाने की कोई विशेष योजना नहीं थी। उन्होंने कहा, ‘‘हम अपनी रणनीति के बारे में बहुत कुछ बताना नहीं चाहते। मुझे लगता है कि हम बस रोटेट कर रहे थे। हम बस चाहते थे कि हमारे पैर चलते रहें और हम कोर्ट पर शांत रहें। ’’भारतीय जोड़ी ने घरेलू दर्शकों के अपार समर्थन के बीच पहला गेम हारने के बाद बेहतर स्मैश और साफ-सुथरे नेट प्ले के दम पर मैच का रुख पलट दिया। भारतीय जोड़ी इस मैच में चीन की प्रतिद्वंद्वियों के खिलाफ 0-3 के रिकॉर्ड के साथ उतरी थी। त्रीसा और गायत्री शुरुआत में 1-6 से पिछड़ गईं, लेकिन इसके बाद उन्होंने लगातार छह अंक हासिल करके स्कोर 8-9 कर दिया। चीन की टीम ने हालांकि इंटरवल तक तीन अंक की बढ़त बना ली थी। भारतीय जोड़ी ने अपना संघर्ष जारी रखा और कुछ बेहतरीन रैलियों के बाद 13-15 के स्कोर पर चीनी खिलाड़ियों के करीब पहुंच गई। हालांकि झांग और जिया ने 17-14 की बढ़त हासिल करने के बाद पहला गेम जीत लिया। झांग और जिया ने दूसरे गेम में भी अपनी लय बरकरार रखी और पहले 5-1 और फिर 10-7 से बढ़त ले ली। भारतीय जोड़ी ने हालांकि जोरदार वापसी करते हुए स्कोर 13-10 कर दिया। मुकाबला काफी कड़ा रहा और एक समय स्कोर 15-14 तक पहुंच गया लेकिन भारतीय जोड़ी ने जल्द ही 19-14 की बढ़त बना ली और मैच को निर्णायक गेम तक पहुंचा दिया। तीसरे और निर्णायक गेम में त्रीसा और गायत्री ने आक्रामक शुरुआत करते हुए 11-5 की बढ़त हासिल की और फिर लगातार तीन अंक जीतकर इसे 14-7 तक पहुंचा दिया। भारतीय जोड़ी ने इसके बाद कुछ गलतियों के कारण अंक गंवाए लेकिन यह सिलसिला लंबे समय तक नहीं चला और उन्होंने 17-9 की बढ़त बना ली। जिया और झांग ने दो मैच प्वाइंट बचाए, लेकिन वह भारतीय टीम को जीत हासिल करने से नहीं रोक पाई। त्रीसा जश्न मनाते हुए कोर्ट पर गिर पड़ीं, जबकि गायत्री को विश्वास नहीं हो रहा था कि उन्होंने विश्व चैंपियनशिप में पदक पक्का कर लिया है। इससे पहले, त्रीसा और गायत्री 2022 और 2023 में ऑल इंग्लैंड ओपन के सेमीफाइनल तक पहुंची थीं। उन्होंने 2022 में राष्ट्रमंडल खेलों में कांस्य पदक भी जीता और पिछले साल की शुरुआत में शीर्ष 10 में जगह बनाई। हालांकि इस साल की शुरुआत में एशिया बैडमिंटन चैंपियनशिप और उबर कप से पहले ट्रेनिंग के दौरान त्रीसा के टखने में चोट लग गई। फिर ‘रिहैबिलिटेशन (चोट से उबरने की प्रक्रिया)’ के बाद त्रीसा और गायत्री ने इंडोनेशिया ओपन में वापसी की और फिर अमेरिका ओपन में खेलीं जिसके बाद इस महीने की शुरुआत में उन्होंने फिलीपीन इंटरनेशनल चैलेंज जीता। सात्विक और चिराग का इस जोड़ी के खिलाफ पिछला रिकॉर्ड भी अनुकूल नहीं था। भारतीय जोड़ी ने चार मुकाबले जीते थे, जबकि नौ बार हार का सामना करना पड़ा था। भारतीय जोड़ी ने हालांकि पहले गेम में अच्छी शुरुआत की और जोरदार रैलियों के बीच चीनी जोड़ी को कड़ी टक्कर दी। दोनों जोड़ियां 4-4, 8-8 और 10-10 की बराबरी पर रहीं। सात्विक और चिराग ने मिडकोर्ट पर अच्छी पकड़ बनाते हुए ब्रेक तक एक अंक की बढ़त कायम रखी। इसके बाद कोण बनाकर लगाए गए रिटर्न से भारतीयों ने 15-12 की बढ़त बनाई और तेज फ्लैट रैलियों के बाद स्कोर 16-14 कर दिया। लेकिन चिराग की नेट पर हुई गलती और वांग के कूद कर लगाये जोरदार स्मैश ने चीन की जोड़ी को 17-18 तक पहुंचा दिया। सात्विक का शॉट बाहर जाने से स्कोर 18-18 हुआ। इसके बाद लियांग के स्मैश और चिराग की एक और नेट गलती से चीन को दो गेम प्वाइंट मिले, जिसमें दूसरे मौके को उसने भारतीयों की लगातार चौथी गलती के साथ भुना लिया। दूसरे गेम में लियांग और वांग ने आत्मविश्वास के साथ शुरुआत की और तेज रैलियों पर दबदबा बनाते हुए 9-4 की बढ़त हासिल कर ली। चिराग ने सर्विस पर दो गलतियां भी कीं और पहले गेम की आखिरी गलतियों के बाद उनकी निरंतरता प्रभावित हुई। चीन की जोड़ी ब्रेक तक 11-5 से आगे थी। लियांग और वांग ने शटल को बेहद सपाट रखते हुए अलग-अलग कोणों से शॉट लगाकर भारतीय जोड़ी को संभलने का मौका नहीं दिया और उन्होंने 15-7 की बढ़त बना ली। खासकर लियांग ने भारतीयों की योजना को पहले भांपने और तेज गति से रिटर्न करने के मामले में शानदार खेल दिखाया। इसके बाद बीच से सीधा शॉट लगाकर उन्होंने दोनों भारतीय खिलाड़ियों के बीच से शटल निकालते हुए बढ़त और मजबूत कर दी। सात्विक के नेट में शॉट मारने से स्कोर 17-9 हुआ। बड़ी बढ़त के कारण चीन की जोड़ी का आत्मविश्वास बढ़ता गया, जबकि भारतीयों की उम्मीदें कमजोर पड़ने लगीं। सात्विक का एक और प्रयास नेट नेट से टकरने बाद वांग और लियांग को नौ मैच प्वाइंट मिले और उन्होंने शानदार सर्विस के साथ पहले ही मौके पर मुकाबला अपने नाम कर लिया।
फीफा ने फुटबॉल वर्ल्ड कप फाइनल में लड़ाई करने वाले 4 खिलाड़ियों पर बैन लगाया है। इनमें अर्जेंटीना के तीन और स्पेन के एक खिलाड़ी शामिल हैं। दरअसल, 19 जुलाई को स्पेन के खिलाफ 0-1 से हारने के बाद अर्जेंटीना के खिलाड़ियों ने मैदान पर स्पेनिश प्लेयर्स के साथ लड़ना शुरू कर दिया था। इस घटना के करीब एक महीने बाद फीफा ने कारवाई की है। परेडेस को रेड कार्ड भी मिला था फीफा ने अर्जेंटीना के मिडफील्डर लिएंड्रो परेडेस को 10 मैचों के लिए सस्पेंड किया है। जो सबसे बड़ी सजा है। डिफेंडर नाहुएल मोलिना को 7 मैचों के लिए निलंबित किया गया है। जबकि थियागो अल्मादा पर 1 मैच का बैन लगाया गया है। स्पेन के गावि को भी फीफा ने सजा दी है। हालांकि, इसमें मैच का उल्लेख नहीं है। झड़प में क्या हुआ? टोरेस ने एक्स्ट्रा टाइम में गोल दागा था एक्स्ट्रा टाइम के 107वें मिनट में स्पेन ने मैच का पहला गोल किया। निको विलियम्स ने दूर से आए क्रॉस पर बैक पोस्ट पर शानदार हेडर से गेंद नीचे गिराई। इस पर फेरान टोरेस ने रनिंग शॉट लगाकर गेंद को गोलपोस्ट में पहुंच दिया। यह स्पेन की जीत का गोल साबित हुआ। स्पेन 16 साल बाद वर्ल्ड चैंपियन बना था स्पेन 16 साल बाद फुटबॉल का वर्ल्ड चैंपियन बना था। उसने दूसरी बार फीफा वर्ल्ड कप जीता था। स्पेन ने पहली बार 2010 में नीदरलैंड को हराकर यह ट्रॉफी जीती थी। -------------------------------------- फुटबॉल फाइनल विवाद से जुड़ी यह खबर भी पढ़िए… स्पेन ने 16 साल बाद फुटबॉल वर्ल्ड कप जीता, अर्जेंटीना को 1-0 से हराया स्पेन ने 16 साल बाद फुटबॉल वर्ल्ड कप का खिताब जीत लिया। उसने न्यूयॉर्क के न्यू जर्सी स्टेडियम में खेले गए फाइनल में 2022 की चैंपियन अर्जेंटीना को 1-0 से हराया। स्पेन के लिए फेरन टोरेस ने एक्स्ट्रा टाइम में गोल किया। पढ़ें पूरी खबर वर्ल्डकप फाइनल में स्पेन-अर्जेंटीना के खिलाड़ी भिड़े, 2 को रेडकार्ड; फोटो देखिए स्पेन ने फाइनल में अर्जेंटीना को 1-0 से हराकर दूसरी बार फुटबॉल वर्ल्ड कप जीत लिया। मैच खत्म होने के बाद दोनों टीमों के खिलाड़ियों के बीच धक्का-मुक्की भी देखने को मिली। पढ़ें पूरी खबर
पाकिस्तान को इंग्लैंड के खिलाफ हेडिंग्ले के स्टेडियम में खेले गए तीन टेस्ट मैचों की सीरीज के पहले मुकाबले में एक पारी और 103 रनों से हार का सामना करना पड़ा है। इसी के साथ वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप के मौजूदा संस्करण में वह आखिरी पायदान पर पहुंच गए हैं।
भारत की बेटियों ने खत्म किया 15 साल का सूखा! त्रीसा-गायत्री ने वर्ल्ड चैंपियनशिप में पक्का किया मेडल
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AUS vs BAN के बीच दूसरे टेस्ट पर सभी की नजरें, कब-कहां और कैसे देखें ऑनलाइन लाइव स्ट्रीमिंग
ऑस्ट्रेलिया और बांग्लादेश के बीच में खेली जा रही 2 टेस्ट मैचों की सीरीज का दूसरा मुकाबला मैके में 22 अगस्त से खेला जाएगा, जिसमें मेजबान ऑस्ट्रेलियाई टीम की नजरें इस मैच को जीतकर सीरीज 1-1 से बराबरी पर खत्म करने पर रहने वाली है।
वर्ल्ड नंबर 1 टेनिस खिलाड़ी जैनिक सिनर ने दाएं घुटने की चोट के कारण इस महीने होने वाले यूएस ओपन से नाम वापस ले लिया है। वे सीजन के आखिरी ग्रैंड स्लैम में नहीं खेलेंगे। 25 साल के सिनर ने दाएं घुटने की चोट के कारण सिनसिनाटी ओपन से भी नाम वापस लिया था। सिनर ने कहा था कि उनका ध्यान न्यूयॉर्क में खेलने के लिए तैयार होने पर रहेगा। सिनर ने इस पोस्ट के जरिए ग्रैंडस्लैम से हटने की जानकारी दी… सोशल पोस्ट पर लिखा- ‘बहुत दुखी और निराश हूं’ सिनर ने सोशल मीडिया पर लिखा- ‘मैं अपनी टीम और मेडिकल स्टाफ के साथ कड़ी मेहनत कर रहा था, लेकिन अब हमें यह मुश्किल फैसला लेना पड़ा है कि मैं इस साल यूएस ओपन में नहीं खेल पाऊंगा।’ उन्होंने कहा- ‘पिछले कुछ दिनों से हम मोंटे कार्लो में फिर से कोर्ट पर अभ्यास कर रहे थे। इस दौरान हमें पता चला कि दाएं घुटने की समस्या से उबरने के लिए मुझे अभी और समय चाहिए।’ सिनर ने लिखा, ‘मैं जाहिर तौर पर बहुत दुखी और निराश हूं, क्योंकि न्यूयॉर्क मेरे दिल में खास जगह रखता है। मैं वहां लौटकर शानदार प्रशंसकों के सामने जोशीले माहौल में खेलने का बेसब्री से इंतजार कर रहा था।’ सिनर ने पिछले महीने विंबलडन जीता था सिनर ने पिछले महीने विंबलडन के मेंस सिंगल्स का खिताब जीता था। उन्होंने फाइनल में जर्मनी के अलेक्जेंडर ज्वेरेव को 6-7(7), 7-6(2), 6-3, 6-4 से हराया था। सिनर लगातार दूसरी बार विंबलडन चैंपियन बने थे। वे ओपन एरा में इस चैंपियनशिप का खिताब बचाने वाले इतिहास के सिर्फ 10वें खिलाड़ी हैं। -------------------------------------------------- टेनिस से जुड़ी यह खबर भी पढ़िए… अल्काराज US ओपन से वापसी करेंगे, कलाई की चोट के कारण 4 महीने से टेनिस से दूर थे स्पेन के स्टार टेनिस खिलाड़ी कार्लोस अल्काराज चार महीने बाद कोर्ट पर वापसी करेंगे। दाहिनी कलाई की चोट के कारण वे अप्रैल से टेनिस से दूर हैं। अल्काराज ने 30 अगस्त से न्यूयॉर्क में शुरू होने वाले US ओपन में खेलने की पुष्टि की है। वे टूर्नामेंट के डिफेंडिंग चैंपियन हैं। पढ़ें पूरी खबर
फोर्टिस ने शुरू किया ‘फिट गुरुग्राम’ अभियान, 4 अक्टूबर को होगी मैराथन; रजिस्ट्रेशन 22 से शुरू
फोर्टिस हॉस्पीटल गुरुग्राम ने शुक्रवार 21 अगस्त को हेल्थ एवं वैलेनस मूवमेंट लॉन्च किया है, जो मिलेनियम सिटी में एक्टिव लिविंग और प्रीवेंटिव हेल्थकेयर को बढ़ावा देगा। फिट गुरुग्राम इसे नाम दिया है, जिसमें मुख्य 4 अक्टूबर को होने वाली मैराथन है।
सात्विक-चिराग की जोड़ी विश्व चैंपियनशिप के क्वार्टर फाइनल में हारी, चीनी खिलाड़ियों से मिली हार
सात्विकसाईराज रेंकीरेड्डी और चिराग शेट्टी की जोड़ी बीडब्ल्यूएफ विश्व चैंपियनशिप में तीसरा पदक जीतने का सपना शुक्रवार को क्वार्टर फाइनल में टूट गया। चीन के लियांग वेई केंग और वांग चांग ने उन्हें बुरी तरह हराया।
शुक्रवार को क्वार्टर फ़ाइनल में चीन के लियांग वेइकेन्ग और वांग चांग से सीधे गेम में हारने के बाद, भारत के सात्विकसाईराज रंकीरेड्डी और चिराग शेट्टी BWF वर्ल्ड चैंपियनशिप से बाहर हो गए। घरेलू दर्शकों के सामने खेल रही भारतीय पुरुष डबल्स जोड़ी को 18-21, 9-21 से हार का सामना करना पड़ा, क्योंकि लियांग और वांग ने शानदार खेल दिखाते हुए सेमीफाइनल में अपनी जगह पक्की कर ली। सात्विक और चिराग ने मज़बूत शुरुआत की और पहले गेम में मुक़ाबला कांटे का बनाए रखा। इसे भी पढ़ें: अगर बच्चे शिक्षित होंगे तो BJP को क्या दिक्कत? Jaipur हमले पर Kejriwal का सवाल भारतीय जोड़ी 18-16 से आगे थी और मैच पर उनकी पकड़ मज़बूत लग रही थी, लेकिन फिर चीनी जोड़ी ने लगातार पांच पॉइंट जीतकर बाज़ी पलट दी और गेम 21-18 से अपने नाम कर लिया। लियांग और वांग ने दूसरे गेम में भी अपनी लय बनाए रखी और जल्द ही मैच पर पकड़ बना ली। इंटरवल तक चीनी जोड़ी 11-5 से आगे थी और अपनी बढ़त को और बढ़ाती गई, जबकि सात्विक और चिराग अपनी लय पाने के लिए संघर्ष करते रहे। भारतीय जोड़ी ने कई गलतियां कीं, खासकर नेट के पास, जबकि लियांग और वांग शांत रहे और अपने प्रतिद्वंद्वियों की गलतियों का फायदा उठाया। आखिरकार, चीनी जोड़ी ने दूसरा गेम 21-9 से जीतकर सेमीफाइनल में अपनी जगह पक्की कर ली। सात्विक के कंधे की समस्या ने भी भारतीय जोड़ी को परेशान किया, जिससे मैच के दौरान वे कुछ खास तरह के शॉट्स नहीं खेल पाए। क्वार्टर फ़ाइनल की शुरुआत में दोनों जोड़ियों के बीच कड़ी टक्कर हुई और किसी भी पक्ष ने दूसरे को बड़ी बढ़त नहीं बनाने दी। मिड-गेम ब्रेक तक भारतीय जोड़ी 11-10 से आगे थी, लेकिन इसके बाद चीनी जोड़ी ने धीरे-धीरे मैच पर अपना कंट्रोल बना लिया। इसे भी पढ़ें: PDA के 'P' पर CM Yogi का Akhilesh पर तंज: आज पिछड़ा, कल पंडित, परसों Pakistan भी! हार के बावजूद, सात्विक और चिराग ने घरेलू वर्ल्ड चैंपियनशिप में शानदार खेल दिखाया, हालांकि उनका सफ़र अंतिम आठ में ही खत्म हो गया। लियांग और वांग की जीत ने सेमीफ़ाइनल में उनकी जगह पक्की कर दी, जबकि सात्विक के कंधे को अब आराम और रिकवरी की ज़रूरत हो सकती है। शुक्रवार को नई दिल्ली में चल रही BWF वर्ल्ड चैंपियनशिप 2026 के क्वार्टर फ़ाइनल में, भारत की महिला डबल्स जोड़ी ट्रेसा जॉली और गायत्री गोपीचंद ने चीन की जिया यी फ़ैन और झांग शू शियान के ख़िलाफ़ शानदार वापसी करते हुए जीत हासिल की और सेमीफ़ाइनल में जगह बनाई, जिससे उनका कम से कम ब्रॉन्ज़ मेडल पक्का हो गया।
Mohammad Azhar ने जीता Kolar Open, करियर का पहला पेशेवर गोल्फ खिताब किया नाम
मोहम्मद अजहर ने एक करोड़ रुपये इनामी कोलार ओपन में शुक्रवार को यहां शानदार प्रदर्शन जारी रखते हुए एक अंडर 71 का कार्ड खेला और अपने करियर का पहला पेशेवर खिताब जीत लिया। हैदराबाद के 27 वर्षीय गोल्फर ने चार दौर में 70, 68, 70 और 71 का स्कोर करते हुए कुल नौ अंडर 279 का स्कोर बनाया और दो शॉट के अंतर से खिताब अपने नाम किया। उन्हें विजेता के तौर पर 15 लाख रुपये की पुरस्कार राशि मिली। इसे भी पढ़ें: Mohammad Riyas ने CMRL धन ट्रांसफर की खबर को झूठा बताया, करेंगे कानूनी कार्रवाई इस जीत से ‘2026 डीपी वर्ल्ड पीजीटीआई ऑर्डर ऑफ मेरिट’ में भी अजहर सात पायदान ऊपर चढ़कर 17वें से 10वें स्थान पर पहुंच गए। उनकी सत्र की कुल कमाई अब 35,14,675 रुपये हो गई है। चंडीगढ़ के चार बार के टूर विजेता अंगद चीमा (73-68-67-73) और दिल्ली के तीन बार के विजेता शौर्य भट्टाचार्य (68-67-71-75) सात अंडर 281 के स्कोर के साथ संयुक्त रूप से दूसरे स्थान पर रहे।
Harmanpreet Singh ने कहा नीदरलैंड के खिलाफ 60 मिनट बेहतर खेलना जरूरी
फाइल फोटो के साथ) ... मोना पार्थसारथी ... एम्सटेलवीन, 21 अगस्त पेरिस ओलंपिक चैम्पियन नीदरलैंड के खिलाफ शनिवार को विश्व कप के दूसरे दौर के मुकाबले को ‘करो या मरो’ का बताते हुए भारतीय पुरूष हॉकी टीम के कप्तान हरमनप्रीत सिंह ने कहा कि उन्होंने टीम से इतना ही कहा है कि पूरे 60 मिनट अच्छी हॉकी खेलनी पड़ेगी। पूल डी में पहले दौर में वेल्स और पाकिस्तान को हराने वाली भारतीय टीम इंग्लैंड से हार गई थी जिससे दूसरे दौर में उसके पास एक भी अंक नहीं होगा। इंग्लैंड पूल डी में भारत पर मिली जीत के तीन अंक लेकर दूसरे दौर में उतरेगा जबकि पूल ए से नीदरलैंड के पास भी तीन अंक है लिहाजा भारत को सेमीफाइनल में पहुंचने की उम्मीदें बनाये रखने के लिये नीदरलैंड और अर्जेंटीना को हराना होगा। हरमनप्रीत ने से बातचीत में कहा, ‘‘एक क्वार्टर में अच्छा खेलने से नहीं चलेगा, 60 मिनट अहम हैं और पूरे मैच में अच्छा खेलना है। बढ़त बनाने के बाद भी शैली और तेवर में बदलाव नहीं होना चाहिये। जब तक आखिरी सीटी नहीं बजती है हमारी बॉडी लैंग्वेज और जज्बा समान रहे।’’ उन्होंने कहा , ‘‘हमने पिछले तीन मैचों में अपनी गलतियों का वीडियो विश्लेषण किया है और फोकस यही रहेगा कि उन्हें दोहराया नहीं जाये। डिफेंस मजबूत रहेगा तो हमें पता है कि हम विरोधी सर्कल में जाकर मौके बना सकते हैं और पीसी हासिल कर सकते हैं। अपनी गलती से गोल नहीं गंवाने हैं।’’ एफआईएच प्रो लीग में जून में भारत ने नीदरलैंड को 3 -2 से हराया था और हरमनप्रीत ने कहा कि उसी रणनीति और चतुराई से खेलकर उस प्रदर्शन को दोहराया जा सकता है। उन्होंने कहा, ‘‘एफआईएच प्रो लीग में हमने गेंद पर नियंत्रण बनाये रखा था और अपने हाफ में उन्हें गेंद आसानी से नहीं लेने दी थी। इसे भी पढ़ें: Hockey World Cup में Netherlands से भिड़ेगी भारतीय टीम, सेमीफाइनल के लिए जीत जरूरी अगर हम उसी रणनीति और ऊर्जा के साथ चतुराई से खेल सके तो उसे दोहरा सकते हैं। एक टीम के तौर पर हम रोटेशन, रफ्तार और तालमेल पर फोकस करेंगे। राजिंदर, जुगराज, दिलप्रीत जैसे युवा खिलाड़ी अच्छा खेल रहे हैं और हर लाइन में हमारे पास अनुभवी खिलाड़ी है और यह हम सभी पर हैं कि जिम्मेदारी से खेलकर उनका मार्गदर्शन करें।’’ टूर्नामेंट में अभी तक सर्वाधिक पांच गोल कर चुके हरमनप्रीत डच टीम के निशाने पर होंगे लेकिन उन्होंने कहा कि टीम पर या उन पर कोई दबाव नहीं है। उन्होंने कहा, ‘‘कोई दबाव नहीं है , स्पष्टता है कि मैच जीतना ही है। जब आपके पास विकल्प नहीं होते तो करो या मरो के मुकाबले में सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करना ही होता है। व्यक्तिगत तौर पर मुझ पर भी कोई दबाव नहीं है क्योंकि अच्छा खेलना मेरी जिम्मेदारी है। इसे भी पढ़ें: Harmanpreet Singh की अगुवाई में India ने Pakistan को हराया, डिफेंस में सुधार पर दिया जोर अगर विरोधी टीम एक पर ज्यादा फोकस कर रही है तो हमारे पास और भी हथियार हैं जिनका इस्तेमाल कर सकते हैं। ’’ हरमनप्रीत ने यह भी कहा कि उनकी टीम को ‘अंडरडॉग’ के रूप में उतरने का फायदा ही मिलेगा। उन्होंने कहा, ‘‘रैंकिंग मायने रखती है लेकिन हम पेरिस में अपने से ऊंची रैंकिंग वाली टीमों को हरा चुके हैं। अंडरडॉग कहलाने के बावजूद मैच जीतने से अलग ही आत्मविश्वास मिलता है। हमारे पास यह अच्छा मौका है और हम कर सकते हैं।’’ मुख्य कोच क्रेग फुल्टोन ने इस बात से इनकार किया कि खचाखच भरे वेगनेर स्टेडियम में सह मेजबान नीदरलैंड को मिलने वाले अपार समर्थन से उनकी टीम पर दबाव बनेगा। उन्होंने कहा ,‘‘हम भारत से बाहर काफी हॉकी खेलते हैं और इस तरह के हालात के लिये तैयार रहते हैं। दर्शकों के सहयोग से मदद मिलती है जैसे हमें राउरकेला या भुवनेश्वर में खेलते समय लगता है कि 12वां खिलाड़ी भी दीर्घा में है। इसका जवाब हम गोल करके ही दे सकते हैं ताकि दबाव हम पर नहीं , उन पर रहे।’’ उन्होंने कहा कि भारत को अपने रक्षात्मक ढांचे को बेहतर रखकर खेलना होगा। उन्होंने कहा ,‘‘ नीदरलैंड ओलंपिक चैम्पियन है और दुनिया की शीर्ष तीन टीमों में किसी कारण से ही है। इसे भी पढ़ें: Jamie Dwyer ने Indian Hockey Team को दी लगातार बेहतर प्रदर्शन करने की सलाह उसका पेनल्टी कॉर्नर और पेनल्टी कॉर्नर बचाव बहुत अच्छा है। हमें डिफेंस में काफी मेहनत करनी होगी।’’ फुल्टोन ने कहा कि भारतीय टीम शीर्ष टीमों को हराने में सक्षम है और प्रो लीग में भी नीदरलैंड पर जीत दर्ज कर चुकी है। उन्होंने कहा ,‘‘ हमने पेरिस ओलंपिक में आस्ट्रेलिया पर पचास साल में पहली जीत दर्ज की थी। लेकिन ये सब आंकड़े हैं और अब हमें अगले चौबीस घंटे में अच्छा प्रदर्शन करना होगा। यह बेहतरीन मौका है और हम अंडरडॉग के रूप में खेलेंगे जिससे दबाव उन पर रहेगा।
जो रूट ने अब बल्ले से नहीं फील्डिंग में दिखाया कमाल, स्मिथ को पीछे छोड़ हासिल की अब नंबर-1 की कुर्सी
इंग्लैंड टेस्ट टीम के कप्तान जो रूट जो अपने बल्ले से लगातार कई रिकॉर्ड तोड़ रहे हैं उन्होंने अब पाकिस्तान के खिलाफ हेडिंग्ले टेस्ट मैच के तीसरे दिन जब अजान आवेश का कैच पकड़ा उसी के साथ वह टेस्ट क्रिकेट में सबसे ज्यादा कैच पकड़ने वाले फील्डर बन गए।
लीड्स टेस्ट : ब्रूक-कॉक्स की दमदार पारी, 409 रनों पर सिमटी इंग्लैंड की पहली इनिंग
इंग्लैंड और पाकिस्तान के बीच सीरीज का पहला टेस्ट मैच लीड्स के हेडिंग्ले क्रिकेट ग्राउंड में खेला जा रहा है। पहली पारी में इंग्लैंड की पूरी टीम 409 रन बनाकर ऑलआउट हुई।
BWF World Championship: भारतीय शटलर्स का कमाल! China को रौंद Semifinal में धमाकेदार एंट्री!
नई दिल्ली में चल रही BWF वर्ल्ड चैंपियनशिप 2026 में, शुक्रवार को भारत की महिला डबल्स जोड़ी ट्रेसा जॉली और गायत्री गोपीचंद ने क्वार्टर फ़ाइनल में चीन की जिया यी फैन और झांग शू जियान के ख़िलाफ़ शानदार वापसी करते हुए जीत हासिल की और सेमीफ़ाइनल में जगह बनाई, साथ ही कम से कम ब्रॉन्ज़ मेडल पक्का कर लिया। इंदिरा गांधी इंडोर स्टेडियम में 70 मिनट से ज़्यादा चले मैच में भारतीय जोड़ी ने पहला गेम हारने के बाद वापसी करते हुए 16-21, 21-15, 21-13 से जीत हासिल की। इसे भी पढ़ें: World Championship: PV Sindhu और Ayush Shetty बाहर, Treesa-Gayatri ने क्वार्टर फाइनल में बनाई जगह जिया और झांग ने मज़बूत शुरुआत की और पहले गेम में खेल की रफ़्तार पर अपना नियंत्रण बनाए रखा; उन्होंने भारतीय जोड़ी की गलतियों का फ़ायदा उठाते हुए 1-0 की बढ़त बना ली। ट्रीसा और गायत्री ने दूसरे गेम में शानदार खेल दिखाया; उन्होंने अपने डिफ़ेंस को बेहतर किया और नेट पर खेल को कंट्रोल करते हुए शुरुआती बढ़त बना ली। उन्होंने अपनी बढ़त बनाए रखी और स्कोर 21-15 करके मुकाबला बराबरी पर ला दिया। भारतीय खिलाड़ियों ने निर्णायक गेम में भी अपनी लय बनाए रखी और तेज़ी से 10-5 की बढ़त हासिल कर ली, साथ ही चीनी जोड़ी पर दबाव भी बनाए रखा। आखिरकार, उन्होंने 21-13 से गेम जीतकर यादगार वापसी की। इस जीत के साथ, ट्रेसा और गायत्री वर्ल्ड चैंपियनशिप में मेडल जीतने वाली दूसरी भारतीय महिला डबल्स जोड़ी बन गईं। उनसे पहले 2011 में ज्वाला गुट्टा और अश्विनी पोनप्पा ने ब्रॉन्ज़ मेडल जीता था। इसे भी पढ़ें: Satwik-Chirag को मिला Walkover, BWF World Championship 2026 में सीधे प्री-क्वार्टर में एंट्री इससे पहले, गुरुवार को ट्रेसा और गायत्री ने शानदार खेल दिखाते हुए सीधे गेम में जीत हासिल की और वर्ल्ड चैंपियनशिप के क्वार्टर फ़ाइनल में जगह बनाई। उन्होंने राउंड ऑफ़ 16 के मुक़ाबले में जापान की सातवीं वरीयता प्राप्त जोड़ी, रिन इवानागा और की नाकानिशी को 21-16, 21-12 से हराया। ट्रेसा और गायत्री ने पहले गेम की शुरुआत से ही अपनी पकड़ मज़बूत कर ली और शानदार खेल का प्रदर्शन किया। जापानी जोड़ी के अनुशासित डिफ़ेंस के बावजूद, भारतीय जोड़ी ने बढ़त बनाए रखी और पहला गेम 21-16 से जीत लिया। दूसरे गेम में भारतीय जोड़ी ने तेज़ी से बढ़त बना ली। अपनी लय को बरक़रार रखते हुए, उन्होंने 21-12 से जीत हासिल की और टूर्नामेंट के अंतिम आठ में अपनी जगह पक्की कर ली। For more Sports News in Hindi Today please click here.
त्रिसा जॉली और गायत्री गोपीचंद ने बीडब्ल्यूएफ वर्ल्ड चैंपियनशिप के क्वार्टर फाइनल में विश्व की चौथे नंबर की जोड़ी जिया यी फैन और झांग शू जियान के खिलाफ पिछड़ने के बाद शानदार वापसी करते हुए जीत हासिल की। इस जीत के साथ ही वे सेमीफाइनल में पहुंच गई हैं और टूर्नामेंट में भारत का पहला मेडल पक्का हो गया है।
जो रूट ने सचिन तेंदुलकर के रिकॉर्ड की बराबरी की, टेस्ट में 68वीं फिफ्टी; दो मिनट के वीडियो में जाने कप्तान के तौर पर भी बनाया बड़ा रिकॉर्ड
नई दिल्ली, 21 अगस्त (आईएएनएस)। त्रिसा जॉली और गायत्री गोपीचंद ने बीडब्ल्यूएफ वर्ल्ड चैंपियनशिप के क्वार्टर फाइनल में विश्व की चौथे नंबर की जोड़ी जिया यी फैन और झांग शू जियान के खिलाफ पिछड़ने के बाद शानदार वापसी करते हुए जीत हासिल की। इस जीत के साथ ही वे सेमीफाइनल में पहुंच गई हैं और टूर्नामेंट में भारत का पहला मेडल पक्का हो गया है।
नीरज चोपड़ा लुसाने डायमंड लीग में होंगे एक्शन में, कब-कहां और कितने बजे से देखें लाइव?
भारतीय स्टार जैवलिन थ्रो एथलीट नीरज चोपड़ा 21 अगस्त की रात डायमंड लीग का अगला चरण जो लुसाने में होगा उसमें एक्शन में दिखाई देंगे जहां पर उनका सामना एकबार फिर से शानदार फॉर्म में चल रहे श्रीलंका के रुमेश पथिरागे से होगा।
15 साल का इंतजार खत्म! भारत ने बैडमिंटन चैम्पियनशिप में रचा इतिहास
तृषा जॉली और गायत्री गोपीचंद ने वर्ल्ड चैम्पियनशिप महिला डबल्स क्वार्टरफाइनल में चीन की जिया यी फान और झांग शू शियान को 16-21, 21-15, 21-13 से हराया. इस जीत से भारत का 15 साल बाद महिला डबल्स में वर्ल्ड चैम्पियनशिप मेडल पक्का हो गया. चोट के बाद वापसी कर रहीं तृषा ने गायत्री के साथ शानदार प्रदर्शन किया.
ऑस्ट्रेलिया और बांग्लादेश के बीच दूसरा टेस्ट मैच 22 अगस्त से खेला जाना है। इस बीच बांग्लादेशी टीम अपने खिलाड़ियों की चोट से जूझ रही है। पहला मैच जीतकर बांग्लादेशी टीम ने इतिहास रच दिया था।
पटियाला हाउस कोर्ट ने पूर्व भारतीय क्रिकेटर जैकब मार्टिन को 22 साल पुराने एक आपराधिक मामले में राहत देते हुए सभी आरोपों से बरी कर दिया है। कोर्ट ने कहा कि उनके खिलाफ कोई ठोस साक्ष्य नहीं मिले हैं।
अफगानिस्तान और भारत के बीच अगले महीने होने वाली तीन मैचों की टी20 इंटरनेशनल सीरीज की तारीखें बदली जा सकती हैं। इस मामले में अफगानिस्तान क्रिकेट बोर्ड (ACB) और भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) के बीच बातचीत चल रही है। हालांकि, अभी शेड्यूल बदलने पर कोई औपचारिक फैसला नहीं हुआ है। पहले ये मैच पहले 13, 15 और 17 सितंबर को होने थे। अब BCCI को इन्हें 11, 13 और 14 सितंबर को कराने का प्रस्ताव मिला है। सभी मैच नई दिल्ली का अरुण जेटली स्टेडियम में होने हैं। 11, 13 और 14 सितंबर को मैच का प्रस्ताव ACB ने BCCI के सामने यह प्रस्ताव अपने स्टेकहोल्डर्स के कहने पर रखा है। उसका कहना है कि बदली तारीखों पर मैच कराने से दर्शकों की संख्या और स्टेडियम में आने वाले लोगों की संख्या बढ़ेगी। पहली बार अफगानिस्तान भारत के खिलाफ बाइलैटलर सीरीज की मेजबानी करेगा, हालांकि सभी मैच भारत में ही खेले जाएंगे। बांग्लादेश दौरा टल सकता है, BCCI के प्रस्ताव मानने की उम्मीद अफगानी बोर्ड के अधिकारियों को उम्मीद है कि BCCI यह प्रपोजल स्वीकार कर सकता है। क्योंकि, टीम इंडिया के बांग्लादेश के खिलाफ सीरीज होने की संभावना लगभग खत्म मानी जा रही है। श्रीलंका के खिलाफ टेस्ट सीरीज 27 अगस्त को खत्म होगी। जबकि एशियन गेम्स 24 सितंबर से शुरू होंगे। इन दोनों आयोजनों के बीच भारतीय टीम के पास खाली समय है। तीनों फॉर्मेट में खेल चुके हैं दोनों देश जून में भारत ने अफगानिस्तान की मेजबानी की थी। तब दोनों टीमों के बीच एक टेस्ट और तीन मैचों की वनडे सीरीज खेली गई थी। आने वाली टी-20 इंटरनेशनल सीरीज के बाद भारत और अफगानिस्तान तीनों फॉर्मेट में एक-दूसरे के खिलाफ खेल चुके होंगे। पहले की तारीखों का ऐलान करते समय BCCI सचिव देवजीत सैकिया ने कहा था- ‘हमने जून में अफगानिस्तान की मेजबानी की थी, जिसमें टेस्ट और वनडे सीरीज खेली गई थी। इस टी-20 इंटरनेशनल सीरीज के बाद दोनों टीमें तीनों फॉर्मेट में एक-दूसरे के खिलाफ खेल चुकी होंगी।’ ----------------------------------------------- टीम इंडिया के शेड्यूल से जुड़ी यह खबर भी पढ़िए… भारत का बांग्लादेश दौरा फिर टल सकता है; BCB प्रेसिडेंट बोले- दोनों बोर्ड में बातचीत जारी बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड के प्रेसिडेंट तमीम इकबाल ने संकेत दिया है कि भारत का बांग्लादेश दौरा फिर टल सकता है। भारत को अगस्त 2025 में बांग्लादेश का दौरा करना था, लेकिन सीरीज को बाद में सितंबर 2026 तक टाल दिया गया। पढ़ें पूरी खबर
कोलंबो टेस्ट के लिए 14 सदस्यीय टीम का किया ऐलान: श्रीलंका
नई दिल्ली, श्रीलंका क्रिकेट (एसएलसी) ने भारत के खिलाफ रविवार से शुरू हो रहे दूसरे टेस्ट मैच के लिए टीम की घोषणा कर दी है।
Treesa-Gayatri ने World Championship में पदक पक्का किया, चीन को हराया
भारत की त्रीसा जॉली और गायत्री गोपीचंद ने शुक्रवार को यहां पहला गेम गंवाने के बाद शानदार वापसी करते हुए महिला युगल क्वार्टरफाइनल में चीन की जिया यी फैन और झांग शू जियान को हराकर विश्व बैडमिंटन चैंपियनशिप में पदक पक्का किया। भारत की गैर-वरीयता प्राप्त जोड़ी ने एक घंटे नौ मिनट तक चले मैच में 16-21 21-15 21-13 से जीत हासिल की। उन्होंने अंतिम चार में पहुंचकर अपने लिए कम से कम कांस्य पदक पक्का कर लिया। भारत ने पिछली बार 2011 में महिला युगल में विश्व चैंपियनशिप में पदक जीता था। तब ज्वाला गुट्टा और अश्विनी पोनप्पा ने लंदन में कांस्य पदक हासिल किया था। भारतीय जोड़ी ने घरेलू दर्शकों के अपार समर्थन के बीच पहला गेम हारने के बाद बेहतर स्मैश और साफ-सुथरे नेट प्ले के दम पर मैच का रुख पलट दिया। भारतीय टीम इस मैच में चीन की प्रतिद्वंद्वियों के खिलाफ 0-3 के रिकॉर्ड के साथ उतरी थी। त्रीसा और गायत्री शुरुआत में 1-6 से पिछड़ गईं, लेकिन इसके बाद उन्होंने लगातार छह अंक हासिल करके स्कोर 8-9 कर दिया। चीन की टीम ने हालांकि इंटरवल तक तीन अंक की बढ़त बना ली थी। भारतीय जोड़ी ने अपना संघर्ष जारी रखा और कुछ बेहतरीन रैलियों के बाद 13-15 के स्कोर पर चीनी खिलाड़ियों के करीब पहुंच गई। हालांकि झांग और जिया ने 17-14 की बढ़त हासिल करने के बाद पहला गेम जीत लिया। झांग और जिया ने दूसरे गेम में भी अपनी लय बरकरार रखी और पहले 5-1 और फिर 10-7 से बढ़त ले ली। भारतीय जोड़ी ने हालांकि जोरदार वापसी करते हुए स्कोर 13-10 कर दिया। मुकाबला काफी कड़ा रहा और एक समय स्कोर 15-14 तक पहुंच गया लेकिन भारतीय जोड़ी ने जल्द ही 19-14 की बढ़त बना ली और मैच को निर्णायक गेम तक पहुंचा दिया। तीसरे और निर्णायक गेम में त्रीसा और गायत्री ने आक्रामक शुरुआत करते हुए 11-5 की बढ़त हासिल की और फिर लगातार तीन अंक जीतकर इसे 14-7 तक पहुंचा दिया। भारतीय जोड़ी ने इसके बाद कुछ गलतियों के कारण अंक गंवाए लेकिन यह सिलसिला लंबे समय तक नहीं चला और उन्होंने 17-9 की बढ़त बना ली। गायत्री और जिया व झांग के बीच तीखी नोकझोंक मैच के मुख्य आकर्षणों में से एक थी। भारतीय जोड़ी ने इसके बाद नौ मैच प्वाइंट हासिल किए। जिया और झांग ने दो मैच प्वाइंट बचाए, लेकिन वह भारतीय टीम को जीत हासिल करने से नहीं रोक पाई। त्रीसा जश्न मनाते हुए कोर्ट पर गिर पड़ीं, जबकि गायत्री को विश्वास नहीं हो रहा था कि उन्होंने विश्व चैंपियनशिप में पदक पक्का कर लिया है।
BRICS खेल मंत्रियों की बैठक की अध्यक्षता करेंगे Mansukh Mandaviya, विशाखापत्तनम में होगा आयोजन
खेल मंत्री मनसुख मांडविया शनिवार से विशाखापत्तनम में शुरू होने वाली ब्रिक्स खेल और युवा मामलों के मंत्रियों की दो दिवसीय बैठक की अध्यक्षता करेंगे, जहां अंतिम दिन खेलों के निर्माण और स्वदेशी विधाओं पर केंद्रित एक संयुक्त घोषणापत्र जारी किया जाएगा। इस बैठक में ब्रिक्स के सभी 11 सदस्य देशों के मंत्री और प्रतिनिधिमंडल युवा मामलों और खेलों में सहयोग को मजबूत करने के उद्देश्य से भाग लेंगे। खेल मंत्रालय की विज्ञप्ति में कहा गया है कि खेल मंत्रियों की बैठक में ब्राजील, चीन, मिस्र, इथियोपिया, भारत, इंडोनेशिया, ईरान, रूस, सऊदी अरब, दक्षिण अफ्रीका और संयुक्त अरब अमीरात के प्रतिनिधि अपनी बात रखेंगे जिसके बाद संयुक्त घोषणापत्र जारी किया जाएगा। इसे भी पढ़ें: Visakhapatnam: teacher के थप्पड़ से 6 वर्षीय छात्र की मौत, जांच समिति गठित इस बैठक की अध्यक्षता मांडविया करेंगे और खेल एवं युवा मामलों की राज्य मंत्री रक्षा खडसे भी इसमें भाग लेंगी। खेल मंत्रालय के वरिष्ठ अधिकारी भी इस कार्यक्रम में भाग लेंगे। इन अधिकारियों में खेल सचिव हरि रंजन राव भी शामिल हैं।
त्रीसा-गायत्री सेमीफाइनल में पहुंचीं, विश्व चैंपियनशिप में 15 साल बाद पदक हुआ पक्का
त्रीसा जॉली और गायत्री गोपीचंद ने क्वार्टर फाइनल में चीन की जिया यी फैन और झांग शू जियान को हराकर बीडब्ल्यूएफ विश्व बैडमिंटन चैंपियनशिप में पदक पक्का किया।
काजल धोचक ने अपना शानदार प्रदर्शन जारी रखते हुए यहां अंडर-20 कुश्ती विश्व चैंपियनशिप में लगातार दूसरी बार खिताब जीता, जबकि तनु शर्मा और सविता को रजत पदक से संतोष करना पड़ा। काजल ने फाइनल में चीन की जिंगरू सन को 7-0 से हराकर 76 किलोग्राम वर्ग का खिताब अपने नाम किया। इस 18 वर्षीय खिलाड़ी ने पिछले साल 72 किलोग्राम वर्ग में अंडर-20 विश्व खिताब जीता था। काजल पहले ही सीनियर स्तर पर पहुंच चुकी हैं। उन्होंने इस साल जून में मंगोलिया में रैंकिंग सीरीज प्रतियोगिता में स्वर्ण पदक जीता था। इसके बाद उन्होंने जुलाई में बुडापेस्ट प्रतियोगिता में भी स्वर्ण पदक हासिल किया। उन्होंने पटाया में अंडर-20 एशियाई चैंपियनशिप भी जीती।इस बीच तनु ने 72 किलोग्राम वर्ग में जापान की चिसातो योशिदा के खिलाफ स्वर्ण पदक के मैच में कड़ा मुकाबला किया, लेकिन आखिर में 3-5 से हार गईं। सविता 62 किलोग्राम वर्ग के फाइनल में जापान की साकुरा ओनीशी से तकनीकी श्रेष्ठता (2-12) से हार गईं।मानसी लादर भी 68 किलोग्राम वर्ग में स्वर्ण पदक की दावेदार हैं। फाइनल में उनका मुकाबला चीन की चेनलिंग सोंग से होगा, जबकि कोमल 59 किलोग्राम वर्ग के रेपचेज राउंड में स्पेन की रोजा मोलिना रोड्रिगेज से भिड़ेंगी।भारत के किसी भी ग्रीको रोमन पहलवान ने पदक नहीं जीता।
भारत की त्रिसा जॉली और गायत्री गोपीचंद ने शुक्रवार को इतिहास रच दिया। भारतीय जोड़ी ने क्वार्टर फाइनल में वर्ल्ड नंबर-4 चीनी जोड़ी जिया यी फान और झांग शु शियान को हराया। त्रिसा और गायत्री ने यह मुकाबला 16-21, 21-15, 21-13 से जीता। इसके साथ ही भारत का विमेंस डबल्स में कम से कम ब्रॉन्ज मेडल पक्का हो गया। इस कैटेगरी में भारत का 15 साल बाद पहला मेडल पक्का हुआ है। इससे पहले 2011 में ज्वाला गुट्टा और अश्विनी पोनप्पा ने ब्रॉन्ज जीता था। त्रिसा-गायत्री वर्ल्ड चैंपियनशिप में मेडल जीतने वाली सिर्फ दूसरी भारतीय विमेंस डबल्स जोड़ी बन गई हैं। राउंड ऑफ-16 में जापानी जोड़ा को हराया त्रिसा-गायत्री की जोड़ी ने राउंड ऑफ 16 में जापान की 7वीं सीड रिन इवानागा और की नाकानिशी को सीधे गेम में 21-16, 21-12 से हराया था। सात्विक-चिराग का मुकाबला आज सात्विकसाईराज रंकीरेड्डी और चिराग शेट्टी की भारतीय जोड़ी मेंस डबल्स के क्वार्टर फाइनल में आज उतरेगी। भारतीय जोड़ी ने राउंड ऑफ 16 में मलेशिया के जुनैदी अरिफ और रॉय किंग याप को 21-23, 21-19, 21-17 से हराया था। भारत लगातार 11 संस्करणों में कम से कम एक मेडल जीता बैडमिंटन इन दिनों लगातार अच्छे नतीजे दे रहा है। 2010 से भारत बैडमिंटन में तीन ओलिंपिक और 14 वर्ल्ड चैंपियनशिप मेडल जीत चुका है। साइना, श्रीकांत और सात्विक-चिराग की जोड़ी के रूप में भारत तीन कैटेगरी में वर्ल्ड नंबर-1 बन चुका है और सिंधु वर्ल्ड चैंपियन रह चुकी हैं। संयोग से ये सभी सफलताएं 2009 में वर्ल्ड चैंपियनशिप की मेजबानी मिलने के बाद शुरू हुईं। इससे पहले वर्ल्ड चैंपियनशिप में एकमात्र मेडल 1983 में प्रकाश पादुकोण (ब्रॉन्ज) ने जीता था। भारत ने 2011 से वर्ल्ड चैंपियनशिप के लगातार 11 संस्करणों में कम से कम एक मेडल जीता है। भारत ने अब तक 15 मेडल जीते भारत ने अब तक 15 मेडल जीते हैं। त्रिसा-गायत्री की जोड़ी के सेमीफाइनल में पहुंचने के साथ 16 हो गए हैं। इनमें एक गोल्ड, 4 सिल्वर और 10 ब्रॉन्ज शामिल हैं। इस टूर्नामेंट में भारत को पहला मेडल प्रकाश पादुकोण ने 1983 ने दिलाया था। जबकि, एकलौता गोल्ड पीवी सिंधु ने दिलाया है।
भारत की त्रिसा जॉली और गायत्री गोपीचंद ने BWF वर्ल्ड चैंपियनशिप में विमेंस डबल्स के सेमीफाइनल में जगह बना ली है। भारतीय जोड़ी ने क्वार्टर फाइनल में वर्ल्ड नंबर-4 चीनी जोड़ी जिया यी फान और झांग शु शियान को हराया। त्रिसा और गायत्री ने यह मुकाबला 16-21, 21-15, 21-13 से जीता। इस जीत के साथ दोनों ने वर्ल्ड चैंपियनशिप में भारत का मेडल पक्का कर दिया है। यह भारत का वर्ल्ड चैंपियनशिप में विमेंस डबल्स का पहला मेडल होगा। राउंड ऑफ-16 में जापानी जोड़ा को हराया त्रिसा-गायत्री की जोड़ी ने राउंड ऑफ 16 में जापान की 7वीं सीड रिन इवानागा और की नाकानिशी को सीधे गेम में 21-16, 21-12 से हराया था। पहला गेम चीनी जोड़ी ने जीता त्रिसा और गायत्री ने पहले गेम में शुरुआत में पिछड़ने के बाद वापसी की। अपनी चीनी प्रतिद्वंद्वियों के खिलाफ 2-6 से पीछे रहने के बाद, भारतीय जोड़ी ने बेहतर स्मैश और नेट पर सटीक खेल के साथ लय हासिल की, बराबरी की और खेल आगे बढ़ने के साथ बढ़त भी बनाई। लेकिन चीन ने अंतिम में बाजी मारी पहला गेम 21-15 से जीत लिया।
गिल का ‘लेफ्ट’ संकट! 11 बार OUT, स्पिनरों ने पकड़ी कमजोर नस
शुभमन गिल ने श्रीलंका के खिलाफ दूसरे टेस्ट से पहले अपनी सबसे बड़ी कमजोरी पर खास काम किया है. गॉल टेस्ट में प्रभात जयसूर्या ने उन्हें दोनों पारियों में आउट किया था. कोलंबो में गिल ने मानव सुथार, रवींद्र जडेजा और स्थानीय स्पिनरों के खिलाफ लंबे समय तक अभ्यास किया.
pc: tv9 पिछले कुछ सालों से भारत और पाकिस्तान के रिश्ते बहुत खराब रहे हैं। इसका असर राजनीति से लेकर मनोरंजन तक, हर लेवल पर देखा गया है। खेल की दुनिया भी इसमें पीछे नहीं रही। पाकिस्तान के स्पॉन्सर्ड पहलगाम हमले के बाद भारत ने पाकिस्तान से कोई रिश्ता न रखने का फैसला किया। इसका असर क्रिकेट के मैदान पर भी देखने को मिला। पिछले साल एशिया कप 2025 टूर्नामेंट में भारत ने मैदान पर पाकिस्तान को शर्मिंदा किया था। उसने पहले मैच से ही नो-हैंडशेक पॉलिसी बनाए रखी। फाइनल में पाकिस्तान को हराने के बाद उसने पाकिस्तानी मंत्री और एशियन क्रिकेट काउंसिल के प्रेसिडेंट मोहसिन नकवी से ट्रॉफी लेने से मना कर दिया। इसके बाद नकवी ट्रॉफी लेकर फरार हो गए। अब विमेंस एशिया कप 2026 टूर्नामेंट में भी कुछ ऐसा ही होने की संभावना बढ़ गई है। विमेंस एशिया कप 2026 टूर्नामेंट विमेंस एशिया कप टूर्नामेंट 28 अगस्त से शुरू होगा और इसकी मेजबानी UAE कर रहा है। इस टूर्नामेंट में भारत समेत कुल 8 टीमें हिस्सा लेंगी। लेकिन असल में टाइटल के लिए मुकाबला इंडिया, पाकिस्तान, श्रीलंका और बांग्लादेश के बीच होगा। ऐसे में इंडिया को टाइटल का मजबूत दावेदार माना जा रहा है। हरमनप्रीत कौर की लीडरशिप में इंडियन टीम के फाइनल में पहुंचने की पूरी संभावना है। इसमें इंडिया और पाकिस्तान एक ही ग्रुप में होने की वजह से आमने-सामने होंगे। ऐसे में सवाल यह है कि नो हैंडशेक पॉलिसी और फाइनल मैच जीतने के बाद मोहसिन नकवी के हाथों से ट्रॉफी ली जाए या नहीं। इस बीच, 5 सितंबर को इंडिया और पाकिस्तान के बीच एक हाई-वोल्टेज मैच खेला जाएगा। क्या वही होगा जो मेन्स एशिया कप 2025 के फाइनल में हुआ था? इंडिया और पाकिस्तान आमने-सामने आए थे। इस मैच में इंडिया ने पाकिस्तान को हरा दिया था। लेकिन इंडियन टीम ने मोहसिन नकवी के हाथों से ट्रॉफी लेने से मना कर दिया था। नकवी ने भी उन्हें देने की जिद की थी। लेकिन इंडियन टीम का इरादा पक्का होता देख वह ट्रॉफी लेकर भाग गए। इंडियन टीम को यह ट्रॉफी अभी तक नहीं मिली है। अब महिला एशिया कप के दौरान भी ऐसा होने की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता। ऐसी स्थिति में BCCI क्या कदम उठाएगा, इस पर ध्यान दिया जा रहा है।
शुभमन गिल की कप्तानी में कोलंबो पहुंची भारतीय टीम, इंडिया हाउस में यादगार शाम, जबरदस्त स्वागत
भारतीय क्रिकेट टीम शुभमन गिल की कप्तानी में श्रीलंका के खिलाफ दूसरे टेस्ट के लिए कोलंबो पहुंच चुकी है। गुरुवार शाम को भारतीय टीम इंडिया हाउस भी पहुंची, जहां खिलाड़ियोंं का जबरदस्त स्वागत किया गया।
जालंधर वॉरियर्स टी20 लीग में हर चुनौती के लिए तैयार
चंडीगढ़, शेर-ए-पंजाब टी20 लीग का पहला संस्करण 30 अगस्त से चंडीगढ़ के आई.एस. बिंद्रा स्टेडियम में शुरू होने वाला है।
आर्थर फिल्स ने सेमीफाइनल में बनाई जगह
सिनसिनाटी, आर्थर फिल्स ने सिनसिनाटी ओपन के सेमीफाइनल में जगह बना ली है। फिल्स ने 64 मिनट तक चले मुकाबले में थियागो अगस्टिन टिरेंटे को 6-3, 6-2 से हराया।
भूटिया का कहना है कि 90 मिनट के इस एग्जीबिशन मैच पर करोड़ों रुपए खर्च करना इस समय पैसों का गलत इस्तेमाल होगा। उनका मानना है कि इस समय भारतीय फुटबॉल को ग्रासरूट और क्लब लेवल पर इन्वेस्टमेंट की सख्त जरूरत है।
World Championship: PV Sindhu और Ayush Shetty बाहर, Treesa-Gayatri ने क्वार्टर फाइनल में बनाई जगह
भारत को विश्व बैडमिंटन चैंपियनशिप में बृहस्पतिवार को बड़ा झटका लगा जब पीवी सिंधू और आयुष शेट्टी को अपने-अपने प्री क्वार्टर फाइनल मुकाबलों में हार का सामना करना पड़ा जिससे प्रतियोगिता के एकल वर्ग में देश का अभियान समाप्त हो गया। दो बार की ओलंपिक पदक विजेता पीवी सिंधू का विश्व चैंपियनशिप में रिकॉर्ड छठा पदक जीतने का सपना टूट गया जब उन्हें महिला एकल में चीन की दुनिया की तीसरे नंबर की खिलाड़ी वांग झी यी के खिलाफ कड़े मुकाबले में 11-21, 21-15, 17-21 से शिकस्त झेलनी पड़ी। वांग ने दोनों पैरों में जकड़न की समस्या से जूझने के बावजूद क्वार्टर फाइनल में जगह बनाई। शुरुआती दौर में गत चैंपियन और दुनिया के नंबर एक खिलाड़ी चीन के शी यू कि को हराकर उलटफेर करने वाले 21 वर्षीय शेट्टी को दुनिया के 12वें नंबर के खिलाड़ी फरहान ने आसानी से 21-19, 21-11 से शिकस्त दी। यह 11वीं वरीयता प्राप्त इंडोनेशियाई खिलाड़ी के खिलाफ आठ मुकाबलों में शेट्टी की पांचवीं हार है। इस नतीजे के साथ भारत का पुरुष एकल अभियान समाप्त हो गया। लक्ष्य सेन बुधवार को ही प्रतियोगिता से बाहर हो गए थे। इससे पहले त्रीसा जॉली और गायत्री गोपीचंद की भारतीय महिला युगल जोड़ी ने जापान की सातवीं वरीयता प्राप्त रिन इवानागा और की नाकानिशी को सीधे गेम में हराकर क्वार्टर फाइनल में प्रवेश किया। भारत की गैर वरीयता प्राप्त जोड़ी ने एकतरफा मुकाबले में रिन और नाकानिशी की विश्व में सातवें नंबर की जोड़ी को 21-16 21-12 से हराया। वर्ष 2015 में ज्वाला गुट्टा और अश्विनी पोनप्पा के क्वार्टर फाइनल में पहुंचने के बाद पहली बार किसी भारतीय महिला युगल जोड़ी ने अंतिम आठ में जगह बनाई है। अपनी 11वीं विश्व चैंपियनशिप में हिस्सा ले रहीं सिंधू ने इससे पहले वांग के खिलाफ आठ में से तीन मुकाबले जीते थे जबकि पांच बार उन्हें शिकस्त का सामना करना पड़ा था। शुरुआत में दोनों खिलाड़ियों के बीच कुछ अच्छी रैलियां देखने को मिलीं और पहले 14 अंक बराबर-बराबर बंटे। 8-7 के स्कोर पर 41 शॉट की लंबी रैली का अंत वांग के सटीक फोरकोर्ट ड्रॉप से हुआ। चीनी की खिलाड़ी ने इसके बाद 14-9 की बढ़त बना ली लेकिन एक शॉट नेट में मार बैठीं। सिंधू की गलतियां बढ़ने लगीं और वह 10-18 से पिछड़ गईं। भारतीय खिलाड़ी ने लगातार दो तेज क्रॉस कोर्ट स्मैश लगाकर वापसी की कोशिश की,लेकिन अगला शॉट लंबा चला गया और वांग ने 19-11 की बढ़त बना ली। सिंधू के एक और शॉट नेट पर मारने से वांग को नौ गेम प्वाइंट मिले। इसके बाद सिंधू ने नेट पर फिर गलती की और पहला गेम गंवा दिया। दूसरे गेम में सिंधू ने शानदार शुरुआत की और 3-0 की बढ़त बना ली और प्रभावी प्रदर्शन करते हुए ब्रेक तक तीन अंक की बढ़त बना ली। सिंधू की नेट और बैकलाइन पर हुई गलतियों का फायदा उठाकर वांग ने लगातार तीन अंक हासिल किए और अंतर खत्म कर दिया। सिंधू ने नेट के पास अच्छा खेल दिखाया लेकिन आसान गलतियों के कारण वह दबाव बनाए रखने में मुश्किल महसूस कर रही थीं। सिंधू ने फोरहैंड क्रॉस कोर्ट स्मैश से जवाब दिया और लंबी रैली के बाद एक और जोरदार विनर लगाकर 15-13 की बढ़त हासिल कर ली। वांग के दो शक्तिशाली स्मैश से स्कोर 15-15 हो गया। हालांकि इसके बाद चीनी खिलाड़ी ने लगातार दो शॉट बाहर मार दिए और सिंधू 17-15 से आगे हो गईं। नेट के पास एक और पुश से सिंधू को अंक मिला। इसके बाद वांग का लिफ्ट लंबा चला गया जिससे सिंधू को पांच गेम प्वाइंट मिल गए। सिंधू ने अगला अंक जीतकर मुकाबले को निर्णायक गेम तक पहुंचा दिया। सिंधू ने तीसरे गेम में भी लय बरकरार रखी और पहले 4-1 तथा फिर 7-4 की बढ़त बना ली। वह खेल की गति नियंत्रित कर रही थीं और मौका मिलते ही आक्रामक रुख अपना रही थीं। वांग ने वापसी करते हुए स्कोर 7-8 किया। पूरे मैच के दौरान लगातार खुद से बात करती रहीं वांग ने स्मैश लगाकर स्कोर 9-9 कर दिया। सिंधू ने हालांकि ब्रेक तक 11-10 की बढ़त बना ली और फिर बढ़त को 13-10 तक पहुंचाया लेकिन वांग ने एक बार फिर वापसी की। बॉडी स्मैश और फिर सिंधू के बाहर गए शॉट की मदद से वांग आगे हो गईं। भारतीय खिलाड़ी की एक और गलती ने वांग को लगातार पांच अंक दिला दिए। सिंधू ने स्मैश से आखिरकार वांग के लगातार अंक बनाने का सिलसिला तोड़ा और स्कोर 15-15 कर दिया। इसके बाद वांग का शॉट लंबा चला गया और उनकी सिंधू ने 16-15 की बढ़त हासिल कर ली। अगले अंक पर सिंधू का शॉट बाहर चला गया। शटल का पीछा करते हुए वांग कोर्ट पर गिर पड़ीं और तुरंत अपनी जांघ पकड़ लीं। ऐसा लगा कि उन्हें ऐंठन हुई है। मेडिकल टाइमआउट के बाद वांग 16-16 के स्कोर पर फिर खेल में लौटीं। स्मैश की मदद से वांग ने 18-17 की बढ़त बना ली। इसके बाद 54 शॉट की एक और बेहद लंबी रैली हुई जिसका अंत सिंधू के शॉट के लंबा चले जाने से हुआ। हालांकि इस दौरान वांग अपनी दाईं जांघ पकड़ती नजर आईं। इसके बाद सिंधू ने स्मैश नेट में मार दिया जिससे वांग को तीन मैच प्वाइंट मिल गए। अगले अंक में जीत हासिल करने के बाद चीनी खिलाड़ी जोर से चीखीं और फिर कोर्ट पर गिर पड़ीं।

