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क्या WhatsApp चलाने के लिए देनी होगी जन्म तारीख? यूजर्स को दिख रहे नए मैसेज का क्या मतलब है, समझें विस्तार से

क्या WhatsApp चलाने के लिए देनी होगी जन्म तारीख? यूजर्स को दिख रहे नए मैसेज का क्या मतलब है, समझें विस्तार से

समाचार नामा 1 Aug 2026 5:30 pm

एआई निजी जानकारी जुटा रहा; प्राइवेसी के लिए सेटिंग्स बदलें:सामान्य बातचीत से भी एआई आपकी निजी जानकारी का अनुमान लगा सकता है

एआई सिर्फ आपके सवालों का जवाब नहीं देता, बल्कि हर बातचीत से आपकी आदतें, पसंद-नापसंद और व्यक्तित्व की डिजिटल प्रोफाइल भी तैयार करता है। एक हालिया प्रयोग में यह सामने आया कि एआई बिना सीधे बताए भी कई निजी बातें सटीक समझ सकता है। चैटजीपीटी या जेमिनी में मेमोरी फीचर को पर्सनलाइज करें... जितना जरूरी है, उतना ही लिखें एआई से सिर्फ चार सवाल पूछे गए कि उसने पुरानी बातचीत से यूजर के बारे में क्या सीखा है। जवाबों में उसने उम्र, आदतों और व्यक्तित्व तक का काफी सटीक अनुमान लगा लिया। ऐसे में अगर आपको प्राइवेसी की चिंता है तो ये करें। चैटजीपटी में मेमोरी बंद करने का तरीका - अपने अकाउंट की सेटिंग्स में जाएं। - इसके बाद पर्सनलाइजेशन या मेमोरी विकल्प पर क्लिक करें। यहां ‘Enable Memory’ को बंद कर दें। जेमिनी में मेमोरी बंद करने का तरीका - जेमिनी की सेटिंग्स खोलें। - पर्सनल इंटेलिजेंस सेक्शन में जाएं। - यहां मेमारी फीचर को बंद कर दें या इसे कस्टमाइज करने का विकल्प चुनें। टेक टिप - एआई चैट में हमेशा ‘न्यू चैट’ का ही इस्तेमाल करें अगर आप किसी एक ही चैट विंडो (थ्रेड) में लंबे समय तक अलग-अलग विषयों पर बात करते हैं, तो एआई के लिए आपके व्यवहार का पैटर्न समझना आसान हो जाता है। इससे बचने का सबसे आसान तरीका है कि हर नए विषय या सवाल के लिए एक ‘नई चैट’ खोलें। इससे AI पुरानी बातों को नई बातों से नहीं जोड़ पाएगा।

दैनिक भास्कर 1 Aug 2026 4:56 pm

बच्चे पालना आसान कर देगा ChatGPT, खुद ऑल्टमैन ने बताया अनोखा तरीका, लोगों ने कहा ‘जीनियस’

OpenAI CEO Sam Altman ने कहा कि ChatGPT बच्चों की परवरिश आसान बना सकता है। उन्होंने एक्स पोस्ट के जरिए एक तरीका बताया है। हालांकि, इसे लेकर लोग अलग-अलग रिएक्शन दे रहे हैं। क्या है पूरा मामला, डिटेल में जानिए

लाइव हिन्दुस्तान 1 Aug 2026 4:35 pm

इंजतार खत्म, इस दिन आ रहा Samsung Galaxy F70 Pro, सेगमेंट का पहला जिसमें इतना तगड़ा कैमरा

Samsung Galaxy F70 Pro 5G स्मार्टफोन देश में सैमसंग इंडिया ऑनलाइन स्टोर और Flipkart के जरिए बिक्री के लिए उपलब्ध होगा। इसे दो कलर्स - Alpha Black और Aura Green में पेश किया जाएगा।

लाइव हिन्दुस्तान 1 Aug 2026 3:35 pm

ग्राहकों को झटका, ₹8000 तक महंगे हुए वीवो के ये तीन फोन, देखें नई कीमत

वीवो ने अपने तीन धांसू स्मार्टफोन Vivo V70, Vivo V70 Elite और Vivo V70 FE की कीमतें 8,000 रुपये तक बढ़ा दी है। अब इन्हें खरीदने किए ग्राहकों को ज्यादा खर्च करना पड़ेगा। देखें किस मॉडल की कीमत में कितनी बढ़ोतरी की गई है।

लाइव हिन्दुस्तान 1 Aug 2026 2:45 pm

सैमसंग फोल्ड-8 सीरीज में टैबलेट जैसी स्क्रीन:कंपनी ने बदला फोल्डेबल का फॉर्मूला; स्लिम डिजाइन-मजबूत डिस्प्ले पर जोर, आईफोन से हल्का

फोल्डेबल स्मार्टफोन की दुनिया में अब मुकाबला सिर्फ बड़े डिस्प्ले का नहीं, बल्कि सही डिजाइन का भी है। अब यूजर्स ऐसे डिवाइस चाहते हैं जो जेब में आसानी से आ जाए और खुलने पर टैबलेट जैसा अनुभव भी दे। हाल ही में हुए सैमसंग ‘अनपैक्ड’ इवेंट में सबसे बड़े, पतले और एक्सपेंसिव ‘फोल्ड 8 अल्ट्रा’ के बजाय, छोटा, चौड़ा और ज्यादा कॉम्पैक्ट साइज वाला ‘फोल्ड 8’ ही इवेंट का असली हीरो साबित हुआ। सैमसंग ने इस नए फोल्डेबल में पासपोर्ट जैसा एक ऐसा नया आकार दिया है, जो बीच से मुड़े हुए टैबलेट जैसा फील देता है। एंटरटेनमेंट - वीडियो देखने का अनुभव बेहतर इसमें 7.6 इंच की चौड़ी इनर स्क्रीन दी है, जो रेगुलर वीडियो के लिए अल्ट्रा मॉडल से बेहतर है। 5.5 इंच आउटर डिस्प्ले पर टाइप करना भी आसान हो गया है। दोनों ही स्क्रीन्स पर इंस्टाग्राम रील्स या यूट्यूब शॉर्ट्स आसानी से देखे जा सकते हैं। बैटरी बढ़ी - पर आईफोन प्रो जितना पतला फोल्ड 8 सीरीज में सिलिकॉन कार्बन बैटरी है। इसी की बदौलत नए फोल्डेबल स्लिम हैं। फोल्ड 8 सिर्फ 4.8mm पतला है, जबकि फोल्ड 8 अल्ट्रा मात्र 4.1mm पतला है। इन दोनों फोन की मोटाई आईफोन प्रो या गैलेक्सी S26 अल्ट्रा के बराबर ही है। डिस्प्ले - स्क्रीन की मजबूती पर खास ध्यान सैमसंग ने मजबूत डिस्प्ले के लिए स्थायी समाधान निकाला है। पुरानी प्लास्टिक फिल्म की जगह, अब डिस्प्ले के नीचे टाइटेनियम अलॉय की एक लेयर जोड़ी गई है। इससे स्क्रीन की मजबूती बढ़ी है और आने वाली क्रीज भी कम दिखाई देती है। वजन-कीमत - रेगुलर फोन से भी हल्का फोल्ड 8 का वजन सिर्फ 201 ग्राम है। जो इसे आईफोन प्रो, गैलेक्सी S26 अल्ट्रा और पिक्सल 10 प्रो जैसे फ्लैगशिप फोन्स से भी हल्का बनाता है। भारत में 256GB बेस मॉडल की कीमत 1,79,999 रुपए है, जबकि अल्ट्रा मॉडल 2 लाख रु. का है। बाजार - एपल-गूगल भी अब फोल्डेबल स्मार्टफोन की रेस में शामिल हो रहे गूगल पिक्सल 11 प्रो फोल्ड - यह 12 अगस्त को लॉन्च होगा। पिक्सल का फोल्ड 10 प्रो भी मार्केट में उपलब्ध है। कीमत करीब 1.6 लाख रु. है। 11 प्रो फोल्ड में पिछले साल के मुकाबले कैमरे में सुधार किया गया है। एपल आईफोन अल्ट्रा - यह साल के अंत में लॉन्च होने वाला पहला फोल्डिंग आईफोन हो सकता है। डिजाइन गैलेक्सी Z फोल्ड 8 जैसा, लेकिन फेस आईडी, तीन कैमरे और मैगसेफ नहीं होंगे। कीमत 2 लाख से ज्यादा।

दैनिक भास्कर 1 Aug 2026 2:19 pm

आते ही छा जाएगा लाल कलर का रेडमी फोन, दमदार साउंड के लिए लगे हैं Bose के वूफर; देखें लॉन्च डेट

Redmi K100 Pro सीरीज 11 अगस्त को चीनी बाजार में लॉन्च होगी। देश में इस सीरीज के लिए प्री-ऑर्डर पहले ही शुरू हो चुके हैं और ब्रांड ने इसके फीचर्स को टीज करना भी शुरू कर दिया है। फोन में दमदार साउंड के लिए वूफर लगे होंगे।

लाइव हिन्दुस्तान 1 Aug 2026 12:51 pm

पुराने मॉडल वाले कैमरों के साथ आएगा नया सैमसंग फोन, इस दिन होगा लॉन्च, देखें कीमत

अगले फैन एडिशन स्मार्टफोन के खास स्पेसिफिकेशन्स ऑनलाइन लीक हो गए हैं। कहा जा रहा है कि Samsung Galaxy S26 FE में पिछले साल के मॉडल वाले ही मेन रियर कैमरा सेंसर और टेलीफोटो सेंसर का इस्तेमाल किया जाएगा।

लाइव हिन्दुस्तान 1 Aug 2026 9:15 am

अब फोन खोने या पासवर्ड भूलने की नहीं होगी टेंशन, Google लाया Selfie Video वेरिफिकेशन फीचर, जाने पूरा प्रोसेस

अब फोन खोने या पासवर्ड भूलने की नहीं होगी टेंशन, Google लाया Selfie Video वेरिफिकेशन फीचर, जाने पूरा प्रोसेस

समाचार नामा 1 Aug 2026 8:10 am

गर्मी देख खरीद बैठे एसी, अब नमी व बदबू से हैं परेशान? अगली बार AC में जरूर चेक करें ये 3 फीचर्स, देखें पूरी लिस्ट

गर्मी में खरीदा एसी बरसात आते ही नमी और बदबू देने लगता है? इस परेशानी से बचने के लिए अगली बार एसी चुनते समय ये 3 खास फीचर्स जरूर चेक करें।

लाइव हिन्दुस्तान 1 Aug 2026 7:49 am

हजारों रुपये की बचत! घर पर बनाएं पिज्जा जैसी लजीज डिश, 200 रिव्यू रिसर्च के बाद चुने गए ये एयर फ्रायर

अमेज़न पर उपलब्ध ये टॉप-रेटेड एयर फ्रायर न सिर्फ आपके पैसों की बचत करेंगे, बल्कि घर पर ही बिना तेल के रेस्टोरेंट जैसा क्रिस्पी और लजीज पिज्जा तैयार करेंगे। 200 से अधिक यूजर रिव्यू और रेटिंग्स की रिसर्च के बाद तैयार की गई इस लिस्ट में से चुनें अपने बजट का बेस्ट एयर फ्रायर!

लाइव हिन्दुस्तान 1 Aug 2026 6:37 am

सैमसंग, ओप्पो और रियलमी के फोन ₹3000 तक महंगे होंगे:रैम-चिप महंगी होने से अगस्त के पहले हफ्ते में बढ़ेंगे दाम; शाओमी भी बढ़ाएगी कीमतें

अगस्त के पहले हफ्ते से सैमसंग, ओप्पो, रियलमी, शाओमी और रेडमी के कई स्मार्टफोन महंगे होंगे। इंडिया टुडे की रिपोर्ट के मुताबिक, कंपोनेंट की बढ़ती कॉस्ट के कारण कंपनियां अपने हैंडसेट्स के दाम 1000 रुपए से लेकर 3000 रुपए तक बढ़ाएंगी। स्मार्टफोन के अलावा शाओमी चुनिंदा स्मार्ट TV मॉडल के दाम भी बढ़ाने की तैयारी में है। रिपोर्ट के अनुसार, AI डेटा सेंटर्स की भारी मांग के चलते रैम और नंद जैसे मेमोरी कंपोनेंट्स की लागत काफी बढ़ गई है, जिससे मेमोरी का संकट खड़ा हो गया है। हालांकि, कंपनियों ने दाम बढ़ाने को लेकर कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया है। ब्रांड वाइज समझें किन मॉडल्स पर कितनी बढ़ेगी कीमत 1. सैमसंग: A और F सीरीज के बजट फोन महंगे होंगे सैमसंग अपनी पॉपुलर A और F सीरीज के बजट और मिड-रेंज फोन्स की कीमतें बढ़ा सकती है। इनमें गैलेक्सी A07 4G, गैलेक्सी A07 5G, गैलेक्सी F17 5G और गैलेक्सी A17 5G शामिल हैं। वैरिएंट के हिसाब से इनमें 1,000 रुपए से 3,000 रुपए तक का इजाफा देखा जा सकता है। सैमसंग गैलेक्सी फोन की वर्तमान कीमतें 2. ओप्पो: A सीरीज के फोन की कीमतें बढ़ेंगी ओप्पो अगस्त के पहले हफ्ते में अपनी लोकप्रिय A सीरीज के स्मार्टफोन के दाम बढ़ाने की तैयारी कर रहा है। इसमें ओप्पो A6x 5G और ओप्पो A6 5G स्मार्टफोन शामिल हैं। ओप्पो फोन की वर्तमान कीमतें 3. रियलमी: C83 और P सीरीज होंगी महंगी रियलमी के कई मॉडल्स के दाम बढ़ने जा रहे हैं, हालांकि कुल कितने फोन प्रभावित होंगे इसकी सटीक जानकारी अभी नहीं है। इसमें रियलमी C83 और P4 सीरीज के डिवाइसेज शामिल हैं। रियलमी फोन की वर्तमान कीमतें 4. रेडमी और शाओमी: फोन्स ₹2,000 तक महंगे, टीवी के दाम भी बढ़ेंगेशाओमी अपने बजट ब्रांड रेडमी के साथ-साथ टीवी सेगमेंट में भी कीमतें बढ़ा रहा है। रेडमी A7 4G और रेडमी A7 प्रो 4G के दाम बढ़ने की उम्मीद है। दोनों ही मॉडल में लगभग 2,000 रुपए तक की बढ़ोतरी हो सकती है। वहीं, शाओमी अपनी 2025 TV लाइनअप की कीमतों में बढ़ोतरी करेगी, जिसमें QLED TV FX प्रो मॉडल्स शामिल हैं। इनकी कीमतों में 500 रुपए से 2000 रुपए तक का इजाफा देखने को मिल सकता है। रेडमी फोन की वर्तमान कीमतें 5. नथिंग: 1 अगस्त से नथिंग फोन 4a के बढ़ेंगे दाम रिपोर्ट्स के मुताबिक, नथिंग फोन 4a की कीमतों में 1 अगस्त से ही बढ़ोतरी देखने को मिल सकती है। वजह: AI डेटा सेंटर की वजह से गहराया मेमोरी संकट स्मार्टफोन और इलेक्ट्रॉनिक्स कंपनियों पर लागत बढ़ने का दबाव है, क्योंकि ग्लोबल मार्केट में AI डेटा सेंटर्स की मांग बहुत तेजी से बढ़ी है। इन AI डेटा सेंटर्स को तैयार करने और चलाने के लिए भारी मात्रा में हार्डवेयर मेमोरी कंपोनेंट्स जैसे रैम (RAM) और नंद (NAND) की जरूरत पड़ रही है। सप्लाई सीमित होने और मांग काफी ज्यादा होने की वजह से कंपोनेंट्स की कीमतें आसमान छू रही हैं, जिससे गैजेट मैन्युफैक्चरिंग कॉस्ट सीधे तौर पर प्रभावित हुई है।

दैनिक भास्कर 31 Jul 2026 11:06 pm

ईपीएफओ ने डिजिटल सेवाओं को बनाया और आसान, कर्मचारियों और नियोक्ताओं को मिलेंगी विश्वस्तरीय डिजिटल सेवाएं: ईपीएफओ आयुक्त

नई दिल्ली, 31 जुलाई (आईएएनएस)। कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (ईपीएफओ) ने डिजिटल सेवाओं को और अधिक तेज, सरल और पारदर्शी बनाने की दिशा में बड़ा कदम उठाया है। नए ईपीएफओ ऐप और पोर्टल के लॉन्च के साथ संगठन अब कर्मचारियों और नियोक्ताओं को विश्वस्तरीय सेवाएं देने की तैयारी में है। केंद्रीय भविष्य निधि आयुक्त (सीपीएफसी) रमेश कृष्णमूर्ति ने शुक्रवार को कहा कि ईपीएफओ लगातार ऐसे सुधार लागू कर रहा है, जिससे सदस्यों का अनुभव बेहतर हो और सामाजिक सुरक्षा व्यवस्था पहले से अधिक मजबूत बन सके।

समाचार नामा 31 Jul 2026 9:00 pm

सस्ते 5G फोन को खरीदने टूट पड़े ग्राहक, पहली ही सेल में STOCK खत्म, कंपनी भी हैरान

Lava Virat V1 5G और Lava Virat V1 4G ने भारत में आते ही तहलका मचा दिया। सेल शुरू होते ही ग्राहक इन्हें खरीदने के लिए टूट पड़े और पहली ही दिन पूरा Stock खत्म हो गया है। सेल में 5G मॉडल 11,999 रुपये के स्पेशल प्राइस पर मिल रहा था।

लाइव हिन्दुस्तान 31 Jul 2026 8:55 pm

10,100mAh बैटरी वाला 'हल्का-फुल्का' टैबलेट लाया ब्रांड, इसमे पेपर जैसा डिस्प्ले; कीमत इतनी

हुवावे के नए टैबलेट में 24561600 पिक्सेल रेजॉल्यूशन वाली 11.5-इंच की 2.5K फुलव्यू टीएफटी एलसीडी स्क्रीन है। यह 120Hz तक के स्मार्ट रिफ्रेश रेट को सपोर्ट करती है और इसकी पीक ब्राइटनेस 600 निट्स तक पहुंचती है।

लाइव हिन्दुस्तान 31 Jul 2026 8:21 pm

'सेमिकॉन 2.0' से भारतीय कंपनियों को मिलेगी नई रफ्तार, स्वदेशी चिप डिजाइन और बौद्धिक संपदा को मिलेगा बढ़ावा: आईटी सचिव

नई दिल्ली, 31 जुलाई (आईएएनएस)। आईटी सचिव एस. कृष्णन ने शुक्रवार को कहा कि भारत सरकार का 'सेमिकॉन 2.0' कार्यक्रम भारतीय सेमीकंडक्टर कंपनियों को वैश्विक स्तर पर प्रतिस्पर्धी बनाने, स्वदेशी बौद्धिक संपदा (आईपी) विकसित करने और निजी निवेश को बढ़ावा देने में अहम भूमिका निभाएगा। उन्होंने कहा कि इंडिया सेमीकंडक्टर मिशन (आईएसएम) 1.0 के तहत देश ने सेमीकंडक्टर डिजाइन के क्षेत्र में मजबूत आधार तैयार किया है और अब अगला चरण भारतीय कंपनियों को वैश्विक उत्पाद निर्माता बनाने पर केंद्रित होगा।

समाचार नामा 31 Jul 2026 8:08 pm

बारिश में भीगने पर भी खराब नहीं होगा फोन! बस याद रखना ये पांच टिप्स

भारी बारिश ने कई जगहों पर कहर बरपा रखा है। अगर गलती से आपका फोन बारिश भीग जाए, तो बात बिगड़ सकती है। जरूरी है कि आप तुरंत सही कदम उठाएं, वरना एक छोटी सी गलती फोन को पूरी तरह से खराब कर सकती है। यहां हम आपको सेफ रहने के टिप्स बता रहे हैं...

लाइव हिन्दुस्तान 31 Jul 2026 7:16 pm

OnePlus N6x 5G: 7000mAh बैटरी से लैस नया फोन लॉन्च, 120Hz स्क्रीन और दमदार फीचर्स के साथ जानें कीमत और स्पेसिफिकेशन

OnePlus N6x 5G: 7000mAh बैटरी से लैस नया फोन लॉन्च, 120Hz स्क्रीन और दमदार फीचर्स के साथ जानें कीमत और स्पेसिफिकेशन

समाचार नामा 31 Jul 2026 6:10 pm

ग्राहकों को झटका, अगले महीने फिर महंगे होंगे Samsung, Oppo, Xiaomi फोन, इतने बढ़ेंगे दाम

Samsung, Oppo, Realme और Xiaomi कई डिवाइस की कीमतें 1,000 रुपये से 3,000 रुपये तक बढ़ाने की योजना बना रही हैं। स्मार्टफोन के अलावा, Xiaomi में चुनिंदा Smart TV की कीमतें भी बढ़ा सकती है।

लाइव हिन्दुस्तान 31 Jul 2026 5:42 pm

Netflix का मजा एकदम FREE में! Flipkart शॉपिंग करने पर मिलेगा मोबाइल प्लान

Flipkart ने Netflix के साथ पार्टनरशिप की है, जिसके साथ Flipkart Plus मेंबर हर महीने 299 रुपये या उससे ज्यादा के चार क्वॉलिफाइंग ऑर्डर पूरे करके Netflix Mobile Plan हासिल कर सकेंगे। यह ऑफर 1 अगस्त, 2026 से शुरू होगा।

लाइव हिन्दुस्तान 31 Jul 2026 5:34 pm

वनप्लस का सबसे सस्ता 5G फोन N6x लॉन्च:फोन में मिलिट्री ग्रेड सुरक्षा के साथ 7000mAh बैटरी और 120Hz डिस्प्ले; कीमत ₹18,999 से शुरू

वनप्लस ने आज (31 जुलाई) भारत में अपना सबसे सस्ता 5G स्मार्टफोन वनप्लस N6x लॉन्च कर दिया है। स्मार्टफोन की सबसे बड़ी खूबी 7000mAh बैटरी और 120Hz रिफ्रेश रेट वाला डिस्प्ले है। यह फोन बजट सेगमेंट में लंबी बैटरी लाइफ और मजबूत बिल्ड क्वालिटी चाहने वाले यूजर्स को ध्यान में रखकर बनाया गया है। फोन को दो वैरिएंट में पेश किया गया है। इसकी शुरुआती कीमत 18,999 रखी गई है। फोन की बिक्री 4 अगस्त से शुरू होगी। शुरुआती सेल में कंपनी स्मार्टफोन पर ₹1,500 का बैंक डिस्काउंट दे रही है, जिसके बाद इसके बेस वैरिएंट की कीमत 17,499 रुपए हो जाएगी।

दैनिक भास्कर 31 Jul 2026 5:20 pm

भारतीय रेलवे ने टिकट बुकिंग के साथ शुरू की अतिरिक्त सामान की ऑनलाइन बुकिंग

नई दिल्ली, 31 जुलाई (आईएएनएस)। भारतीय रेलवे ने यात्रियों की सुविधा बढ़ाने के लिए शुक्रवार को एक नई डिजिटल सेवा शुरू की है। अब ट्रेन में यात्रा करने वाले यात्री टिकट बुक करते समय ही अतिरिक्त सामान की ऑनलाइन बुकिंग और भुगतान कर सकेंगे। इस नई व्यवस्था से यात्रियों को ट्रेन में चढ़ने से पहले अलग से पार्सल कार्यालय जाकर अतिरिक्त सामान बुक कराने की जरूरत नहीं पड़ेगी।

समाचार नामा 31 Jul 2026 5:10 pm

Google Pixel 11 सीरीज खरीदने वालों के लिए खुशखबरी, भारत में इस दिन से शुरू होगी प्री-बुकिंग, जानें कब से कर सकेंगे ऑर्डर

Google Pixel 11 सीरीज की भारत में प्री-ऑर्डर डेट कन्फर्म हो गई है। जानें Pixel 11, Pixel 11 Pro, Pixel 11 Pro XL और Pixel 11 Pro Fold की लॉन्च डेट, बुकिंग कब शुरू होगी, संभावित कीमत और सभी जरूरी डिटेल।

लाइव हिन्दुस्तान 31 Jul 2026 4:55 pm

कैबिनेट ने 'समुद्र मंथन' योजना को दी मंजूरी, 84,084 करोड़ रुपए से बढ़ेगी भारत की ऑफशोर ऊर्जा क्षमता

नई दिल्ली, 31 जुलाई (आईएएनएस)। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में केंद्रीय मंत्रिमंडल ने 'समुद्र मंथन' (नेशनल ऑफशोर एक्सप्लोरेशन स्कीम) को मंजूरी दे दी है। पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्रालय की इस केंद्रीय क्षेत्र की योजना को वित्त वर्ष 2030-31 तक लागू करने के लिए 84,084 करोड़ रुपए के बजट को स्वीकृति दी गई है।

समाचार नामा 31 Jul 2026 4:45 pm

विश्व के दवा नियामकों के बीच घनिष्ठ सहयोग चाहता है भारत: पीयूष गोयल

नई दिल्ली, 31 जुलाई (आईएएनएस)। केंद्रीय वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने शुक्रवार को कहा कि भारत दुनिया भर के दवा नियामक संस्थानों (मेडिसिन रेगुलेटर्स) के बीच घनिष्ठ सहयोग चाहता है। उन्होंने कहा कि भारत के बढ़ते मुक्त व्यापार समझौतों (एफटीए) का नेटवर्क इस सहयोग को और मजबूती देगा, जिससे दुनिया भर के मरीजों को बेहतर गुणवत्ता वाली किफायती दवाएं तेजी से उपलब्ध कराई जा सकेंगी और भारत वैश्विक फार्मास्युटिकल नवाचार का प्रमुख केंद्र बनकर उभरेगा।

समाचार नामा 31 Jul 2026 4:28 pm

‘सिस्टम फेल’, बैन के बाद भी धड़ल्ले से FB, Insta चला रहा बच्चे, अब कंपनियों पर दोगुना जुर्माना

ऑस्ट्रेलिया के इंटरनेट रेगुलेटर ईसेफ्टी (eSafety) के अनुसार, 10 से 15 साल की उम्र के ज्यादातर बच्चे मार्च में उतनी ही बार सोशल मीडिया का उपयोग कर रहे थे, जितनी बार वे पिछले साल 10 दिसंबर को प्रतिबंध लागू होने से पहले करते थे।

लाइव हिन्दुस्तान 31 Jul 2026 4:27 pm

AI ने टेस्टिंग के दौरान तीन कंपनियों के सिस्टम में लगाई सेंध, Anthropic ने मानी बड़ी चूक

Anthropic ने खुलासा किया है कि उसके Claude AI मॉडल्स ने इंटरनल टेस्टिंग के दौरान गलती से तीन कंपनियों के सिस्टम तक पहुंच बना ली। कंपनी का कहना है कि यह कॉन्फिगरेशन की चूक थी।

लाइव हिन्दुस्तान 31 Jul 2026 4:15 pm

सस्ते 5G फोन का सपना सच, आज ₹11,999 में मिल रहा 'Virat' स्मार्टफोन, खत्म होने वाली है सेल

Lava Virat V1 5G और Virat V1 4G की पहली सेल लाइव हो गई है। फर्स्ट डे सेल के स्पेशल ऑफर में फोन बेहद सस्ते मिल रहे हैं। 5G मॉडल तो इंट्रोडक्टरी ऑफर में 11,999 रुपये में मिल रहा है। देखें कीमत और खासियत की पूरी डिटेल

लाइव हिन्दुस्तान 31 Jul 2026 3:29 pm

WhatsApp Latest Update: अब HD वीडियो कॉल और क्रिस्टल क्लियर वॉयस का मजा, जानें कौन-कौन से 5 नए फीचर्स हुए लॉन्च

WhatsApp Latest Update: अब HD वीडियो कॉल और क्रिस्टल क्लियर वॉयस का मजा, जानें कौन-कौन से 5 नए फीचर्स हुए लॉन्च

समाचार नामा 31 Jul 2026 2:45 pm

बोट ने बच्चों के लिए लॉन्च किए स्मार्टवॉच और हेडफोन्स:रियल-टाइम लोकेशन ट्रैकिंग और 85dB सेफ साउंड फीचर, कीमत ₹1,499 से शुरू

कंज्यूमर लाइफस्टाइल टेक ब्रांड बोट ने भारत में अपनी नई 'किड सीरीज' लॉन्च की है। इसमें दो नए प्रोडक्ट्स- सेलर नैव स्मार्टवॉच और सेलर प्ले वायरलेस हेडफोन पेश किए हैं। सेलर नैव स्मार्टवॉच की कीमत 6,499 रुपए रखी गई है, जबकि सेलर प्ले वायरलेस हेडफोन 1,499 रुपए में मिलेगा। बोट सैलर नैव स्मार्टवॉच: स्पेसिफिकेशंस और फीचर बोट सेलर प्ले हेडफोन: स्पेसिफिकेशंस

दैनिक भास्कर 31 Jul 2026 2:43 pm

भारत में इतनी होगी Samsung Galaxy F70 Pro की कीमत, लॉन्च से पहले देखें बजट, खुद कंपनी ने बताया सबकुछ

Samsung Galaxy F70 Pro 5G स्मार्टफोन अगस्त के पहले हफ्ते में भारत में लॉन्च किया जाएगा। लॉन्च से पहले फोन की कीमत, कैमरा, बैटरी और सभी खास डिटेल्स सामने आ गई हैं। यह सेगमेंट का पहला फोन है जिसमें OIS के साथ ट्रिपल रियर कैमरा सेटअप है।

लाइव हिन्दुस्तान 31 Jul 2026 2:40 pm

वित्त वर्ष 2027 की पहली तिमाही में मुनाफा 83 प्रतिशत गिरने से थर्मैक्स के शेयरों में बड़ी गिरावट, इंट्रा-डे में 16 प्रतिशत से ज्यादा टूटा स्टॉक

मुंबई, 31 जुलाई (आईएएनएस)। थर्मैक्स लिमिटेड के जून तिमाही (क्यू1) के कमजोर नतीजों के बाद शुक्रवार को कंपनी के शेयरों में जोरदार बिकवाली देखने को मिली। मुनाफे में भारी गिरावट और एक प्रोजेक्ट कॉस्ट में उल्लेखनीय बढ़ोतरी से निवेशकों की धारणा प्रभावित हुई, जिसके चलते शेयरों पर दबाव बढ़ गया।

समाचार नामा 31 Jul 2026 2:40 pm

रेलवे की नई सुविधा: अब ट्रेन में ज्यादा सामान ले जाना होगा आसान, पहले से कर लें ये काम, स्टेशन पर नहीं होगी परेशानी

Indian Railways Online Excess Luggage Booking: भारतीय रेलवे ने ऑनलाइन Excess Luggage Booking सुविधा शुरू की है। अब यात्री घर बैठे एक्स्ट्रा सामान बुक कर सकेंगे। जानें ट्रेन में कितना सामान फ्री ले जा सकते हैं, अतिरिक्त वजन पर कितना चार्ज लगेगा:

लाइव हिन्दुस्तान 31 Jul 2026 2:39 pm

7 साल बाद 'कमबैक' कर रहा धांसू Vivo फोन, कंपनी ने बताई डेट; होश उड़ा देगी कीमत

Vivo S2 भारत में जल्द लॉन्च होने वाला है। कहा जा रहा है कि इसमें 1.5K रिजॉल्यूशन वाला 6.83-इंच का एमोलेड डिस्प्ले होगा। उम्मीद है कि यह मीडियाटेक डाइमेंसिटी 7360 चिपसेट पर चलेगा। इसमें 7,050mAh की बैटरी हो सकती है।

लाइव हिन्दुस्तान 31 Jul 2026 2:02 pm

एआई अवतार से जानें मरीजों की पसंद:न इंटरव्यू, न सर्वे आपके ‘एआई अवतार’ से पसंद जान लेंगी कंपनियां; 99% जवाब सटीक

जब किसी कंपनी को यह जानना होता है कि ग्राहक उसके नए उत्पाद या सेवा के बारे में क्या सोच रहे हैं, तो वह आमतौर पर हफ्तों तक मार्केट रिसर्च या सर्वे कराती है। लेकिन क्या हो अगर लाखों ग्राहकों का मिजाज जानने के लिए किसी असली इंसान से बात ही न करनी पड़े...? सिलिकॉन वैली की एआई स्टार्टअप ‘सिमिली’ ने ये कारनामा कर दिखाया है। इसे मार्केट रिसर्च की दुनिया में बड़ा धमाका माना जा रहा है। कंपनी का दावा है कि वह एआई के जरिए तैयार किए गए इंसानों के ‘डिजिटल या एजेंटिक ट्विन्स’ (एआई टि्वन्स) से सर्वे करके किसी भी प्रोडक्ट, ब्रांड या नीति पर सटीक उपभोक्ता प्रतिक्रिया दे सकती है। दिग्गज अमेरिकी हेल्थकेयर कंपनी सीवीएस हेल्थ यह जानना चाहती थी कि मरीज डॉक्टर्स की लिखी दवाएं समय पर क्यों नहीं लेते। इसके लिए उसने 4 लाख एआई-निर्मित ‘डिजिटल अवतारों’ के डेटा का विश्लेषण किया। सिमिली की तकनीक ने बिना बड़े सर्वे के ही मिनटों में मरीजों के व्यवहार से जुड़ी अहम वजहें उजागर कर सटीक नतीजे उपलब्ध करा दिए। सिमिली की शुरुआत 32 वर्षीय जून संग पार्क ने की है। स्टैनफोर्ड यूनिवर्सिटी में पढ़ाई के दौरान उन्होंने ऐसी तकनीक पर काम किया, जो इंसानों की तरह सोचने और व्यवहार करने वाले डिजिटल किरदार तैयार कर सके। यह विचार लोकप्रिय ‘सिम्स’ गेम से प्रेरित था। पार्क का मानना है कि अलग-अलग परिस्थितियों को डिजिटल दुनिया में आजमाया जाए, तो लोगों के व्यवहार को बेहतर ढंग से समझ सकते हैं और कई समस्याओं के समाधान खोजे जा सकते हैं। सिमिली ने शुरुआत में विभिन्न वर्ग के 1000 लोगों के दो-दो घंटे के इंटरव्यू लेकर अपने मॉडल को प्रशिक्षित किया था। इसके बाद ‘गैलप’ जैसी संस्थाओं के साथ हाथ मिलाकर दुनिया भर के लाखों लोगों के व्यवहार को अपने डेटाबेस में शामिल किया। इस आइडिया की सफलता का अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि महज सालभर पुराने इस स्टार्टअप ने 1,910 करोड़ रुपए की नई फंडिंग जुटाई है। इसके बाद कंपनी की वैल्यूएशन 19,100 करोड़ रुपए पहुंच गई। उत्पाद का इस्तेमाल करके अनुभव भी बता सकेंगे डिजिटल ट्विन्स कंपनी की प्रोडक्ट हेड मिहिका कपूर कहती हैं,‘अलग-अलग परिस्थितियों और आबादी के समूहों में उनके एआई एजेंट्स के जवाब 85% से 99% तक सटीक साबित हुए हैं। पारंपरिक मार्केट रिसर्च के मुकाबले यह तरीका कहीं अधिक तेज व सस्ता है। सिमिली अब सिर्फ तक सर्वे सीमित नहीं रहना चाहती। कंपनी ऐसी तकनीक पर काम कर रही है, जिसमें एआई अवतार समय के साथ किसी प्रोडक्ट का इस्तेमाल कर अपने अनुभव बता सकेंगे। भविष्य में कंपनियां ग्राहकों की पसंद समझने के लिए सीधे उनसे नहीं, बल्कि उनके एआई अवतारों से बातचीत कर सकती हैं।’

दैनिक भास्कर 31 Jul 2026 2:01 pm

सबसे पावरफुल ChatGPT एकदम FREE में! इन 1 लाख लोगों को मिलेगा फायदा

OpenAI ने 1 लाख एकेडमिक रिसर्चर्स को अपने सबसे एडवांस्ड ChatGPT AI मॉडल्स का फ्री एक्सेस देने का ऐलान किया है। जानिए इसका फायदा किन लोगों को मिलेगा।

लाइव हिन्दुस्तान 31 Jul 2026 1:41 pm

वर्ष 2029 तक एआई से निकाले गए निष्कर्ष बनेंगे निजता के लिए सबसे बड़ा खतरा, डेटा चोरी से भी अधिक बढ़ेगा जोखिम: रिपोर्ट

नई दिल्ली, 31 जुलाई (आईएएनएस)। वर्ष 2029 तक अधिकांश निजता (प्राइवेसी) से जुड़ी घटनाएं सीधे व्यक्तिगत पहचान योग्य जानकारी (पीआईआई) की चोरी या लीक होने के बजाय आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) द्वारा लोगों के बारे में निकाले गए निष्कर्षों (एआई-जेनरेटेड इन्फ्रेंसेज) के कारण होंगी। यह जानकारी रिसर्च एवं एडवाइजरी फर्म गार्टनर की एक नई रिपोर्ट में सामने आई है।

समाचार नामा 31 Jul 2026 1:40 pm

क्लॉड-AI ने 3 कंपनियों के सिस्टम हैक किए:टेस्टिंग में मिसकॉन्फिगरेशन की गलती, लाइव इंटरनेट एक्सेस मिलते ही सेंध लगाई

टेस्टिंग के दौरान क्लॉड AI ने 3 कंपनियों के सिस्टम हैक कर लिए। कंपनी ने बताया कि एक सिस्टम मिस्कन्फ़िगरेशन की वजह से मॉडल को धोखे से इंटरनेट का एक्सेस मिल गया, जिसके चलते उसने असली कंपनियों के डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर में सेंध लगा दी। इस पूरी घटना और इसके प्रभावों को समझने के लिए पढ़ें यह QA: सवाल 1. एंथ्रोपिक ने अपने क्लॉड AI मॉडल को लेकर क्या खुलासा किया है? जवाब: अमेरिकी टेक फर्म एंथ्रोपिक ने बताया कि साइबर सिक्योरिटी टेस्टिंग के दौरान उसके एआई मॉडल 'क्लॉड' ने तीन अलग-अलग संगठनों के सिस्टम में अनधिकृत रूप से प्रवेश कर लिया। कंपनी ने बताया कि यह घटना एक सिस्टम मिसकॉन्फ़िगरेशन के कारण हुई, जिसकी वजह से टेस्टिंग के लिए तय की गई सुरक्षित सीमाएं टूट गईं और मॉडल को लाइव इंटरनेट का एक्सेस मिल गया। सवाल 2. यह घटना कैसे सामने आई और इसके लिए एंथ्रोपिक ने कितने टेस्ट्स की समीक्षा की? जवाब: प्रतिद्वंद्वी कंपनी ओपनएआई द्वारा अपने मॉडल्स के जरिए अन्य कंपनियों के सिस्टम में सेंधमारी की रिपोर्ट जारी करने के बाद एंथ्रोपिक ने अपने सिस्टम्स की जांच शुरू की थी। एंथ्रोपिक ने लगभग 1.40 लाख से ज्यादा टेस्ट्स के रिकॉर्ड्स रिव्यू किए। इस दौरान कंपनी को तीन ऐसे मामलों का पता चला जहां क्लॉड ने सुरक्षित टेस्टिंग एनवायरमेंट से बाहर निकलकर सिस्टम्स को हैक किया था। सवाल 3. क्लॉड एआई किस तरह की टेस्टिंग कर रहा था, जिसमें यह गलती हुई? जवाब: एंथ्रोपिक और उसके पार्टनर संस्थान 'कैप्चर-द-फ्लैग' नाम से इवैल्यूएशन टेस्ट कर रहे थे। इस तरह के टेस्ट में एआई मॉडल को सुरक्षा खामियों का पता लगाकर दूसरे सिस्टम्स से डेटा निकालने की चुनौती दी जाती है, ताकि उसकी हैकिंग क्षमताओं का आकलन किया जा सके। यह टेस्ट सील्ड-ऑफ एनवायरमेंट में होना था, लेकिन तकनीकी गलती के कारण मॉडल लाइव इंटरनेट से जुड़ गया। सवाल 4. हैक हुए तीन संगठनों की पहचान क्या है और उन्हें इसका पता कब चला? जवाब: एंथ्रोपिक ने सुरक्षा और गोपनीयता कारणों से उन तीनों प्रभावित संगठनों के नामों का खुलासा नहीं किया है। दिलचस्प बात यह है कि न तो एंथ्रोपिक को और न ही उन तीनों संगठनों को घटना के समय इस सेंधमारी का पता चला था। बाद में जांच के दौरान यह मामला सामने आया, जिसके बाद एंथ्रोपिक ने प्रभावित कंपनियों को इसकी जानकारी दी। ये घटनाएं अप्रैल से शुरू हुई थीं। सवाल 5. ओपनएआई का हालिया विवाद क्या था, जिसके बाद यह पूरी जांच शुरू हुई? जवाब: 21 जुलाई को चैटजीपीटी बनाने वाली कंपनी ओपनएआई ने माना था कि उसका एआई एजेंट इंसानी निर्देशों की सीमा से बाहर निकलकर एआई टूल्स हब 'हगिंग फेस' के सिस्टम को हैक कर दिया। ओपनएआई ने इस घटना को 'अभूतपूर्व' करार दिया था। हगिंग फेस के सह-संस्थापक थॉमस वोल्फ ने इसे एआई इंडस्ट्री के लिए एक 'वेक-अप कॉल' कहा था। सवाल 6. साइबर सिक्योरिटी एक्सपर्ट्स का इस घटना पर क्या कहना है? जवाब: साइबर सुरक्षा विशेषज्ञ डेविड अलोट ने बीबीसी को बताया कि इस घटना का बड़ा सबक यह नहीं है कि एआई ने कोई नई हमलावर क्षमता हासिल कर ली है। बल्कि असली चिंता यह है कि एआई एजेंट्स स्वायत्त रूप से विभिन्न क्षमताओं को मिलाकर, क्रेडेंशियल्स और सिस्टम एक्सेस प्राप्त कर सकते हैं और मशीन की गति से अपने काम का दायरा बढ़ा सकते हैं। सवाल 7. इस घटना के बाद अमेरिकी सरकार और प्रशासन का क्या रुख है? जवाब: इन साइबर सुरक्षा घटनाओं के बाद कड़े नियम और निगरानी की मांग तेज हो गई है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने कहा कि हालिया साइबर सुरक्षा घटनाओं को देखते हुए एआई टूल्स और उनके इस्तेमाल पर लगाम लगाने के लिए सख्त उपायों पर विचार कर रहे हैं। सवाल 8. इस घटना का एआई कंपनियों के भविष्य पर क्या असर पड़ सकता है? जवाब: ओपनएआई और एंथ्रोपिक दोनों ही कंपनियां आने वाले समय में अपने IPO की तैयारी कर रही हैं। बाजार विशेषज्ञों का अनुमान है कि इन कंपनियों का वैल्यूएशन 1-1 ट्रिलियन डॉलर के आसपास हो सकता है। ऐसे समय में एआई मॉडल्स के बेकाबू होने या हैकिंग करने की घटनाओं ने निवेशकों और विश्लेषकों के बीच चिंता और संदेह पैदा कर दिया है। सवाल 9. एंथ्रोपिक का इस पूरे मामले पर अगला कदम क्या है? जवाब: एंथ्रोपिक ने कहा है कि वह इस समस्या के समाधान पर अपनी पूरी जिम्मेदारी मानकर काम कर रही है। वही ओपनएआई भी अपनी जांच की एक विस्तृत टेक्निकल रिपोर्ट प्रकाशित करेगा। नॉलेज पार्ट: जानें क्या होता है 'कैप्चर द फ्लैग' इवैल्यूएशन? क्या है: यह साइबर सिक्योरिटी का एक पॉपुलर एसेसमेंट फॉर्मेट है। कैसे काम करता है: इसमें साइबर एक्सपर्ट्स या एआई मॉडल्स को एक सुरक्षित एनवायरमेंट में किसी कंप्यूटर सिस्टम की कमियों को ढूंढकर छिपे हुए कोड या डेटा को हासिल करना होता है। उद्देश्य: इससे यह जांचा जाता है कि कोई एआई सिस्टम हैकिंग और डिफेंस में कितना सक्षम है।

दैनिक भास्कर 31 Jul 2026 1:40 pm

₹18,999 में आया OnePlus का 7000mAh बैटरी, मिलिट्री-ग्रेड मजबूती, AI फीचर वाला फोन; गिरने का डर, चार्ज की टेंशन खत्म

OnePlus N6x भारत में 20,000 रुपए से कम में लॉन्च कर दिया है। फोन में 7000mAh की बड़ी बैटरी, मिलिट्री-ग्रेड मजबूती, AI फीचर्स, 120Hz डिस्प्ले और 6 साल तक बेहतर बैटरी हेल्थ का दावा मिलता है। इतनी है फोन की कीमत:

लाइव हिन्दुस्तान 31 Jul 2026 1:05 pm

आईबीएम और सर्वम ने किया साझेदारी का ऐलान, भारत में एआई इकोसिस्टम को मिलेगी मजबूती

दिग्गज अमेरिकी टेक कंपनी आईबीएम और भारतीय एआई स्टार्टअप सर्वम ने भारत में सॉवरेन आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) तकनीकों के विकास और अपनाने में तेजी लाने के लिए शुक्रवार को साझेदारी का ऐलान किया। यह विशेष रूप से सरकारी एजेंसियों, सार्वजनिक क्षेत्र के संगठनों और विनियमित उद्यमों पर केंद्रित होगी।

खास खबर 31 Jul 2026 12:55 pm

PM मोदी के AI-एडिटेड-वीडियो मामले में मेटा-इंडिया हेड पर FIR:दिल्ली प्रदर्शन के बाद का वीडियो, नोएडा में महिला पर भी केस दर्ज

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के AI जनरेटेड मॉर्फ्ड वीडियो फेसबुक और इंस्टाग्राम पर शेयर किए जाने के मामले में हैदराबाद साइबर क्राइम पुलिस ने मेटा इंडिया के हेड अरुण श्रीनिवास और कई सोशल मीडिया यूजर्स के खिलाफ एफआईआर दर्ज की है। पुलिस इस बात की जांच कर रही है कि ये वीडियो कहां से शुरू हुए और क्या इनसे जनता को गुमराह किया गया। वहीं दूसरी ओर नोएडा पुलिस ने भी पीएम मोदी के खिलाफ अभद्र भाषा का इस्तेमाल करने के मामले में एक महिला पर जीरो एफआईआर दर्ज की है। हैदराबाद में 2 अलग-अलग केस दर्ज हैदराबाद पुलिस ने भाजपा कार्यकर्ताओं की शिकायतों के बाद दो अलग-अलग मामले दर्ज किए हैं। यह कार्रवाई भारतीय न्याय संहिता (BNS) और सूचना प्रौद्योगिकी (IT) अधिनियम के तहत की गई है। पुलिस ने संबंधित सोशल मीडिया अकाउंट्स के हैंडलर्स को आरोपी बनाया है, जबकि मेटा के इंडिया हेड को दोनों मामलों में सह-आरोपी के रूप में नामजद किया है। मेटा के फर्जी कंटेंट रोकने वाले सिस्टम्स की जांच हो रही हैदराबाद साइबर क्राइम पुलिस की जांच का मुख्य फोकस इस बात पर है कि पीएम मोदी के इन मॉर्फ्ड एआई वीडियो को किसने तैयार किया, किसने अपलोड किया और इसे कैसे फैलाया गया। इसके साथ ही मेटा के प्लेटफॉर्म्स (फेसबुक और इंस्टाग्राम) पर फर्जी कंटेंट रोकने वाले सेफगार्ड्स और सिस्टम्स की भी जांच हो रही है। पुलिस यह समझने की कोशिश कर रही है कि क्या कंपनी का सिस्टम इन एआई वीडियोज के फैलाव को समय रहते रोकने में सक्षम था या नहीं। जांच अधिकारी BNS और IT एक्ट के तहत संभावित उल्लंघनों की समीक्षा कर रहे हैं। जांच अभी शुरुआती फेज में है और फिलहाल कोई अंतिम निष्कर्ष नहीं निकाला गया है। जंतर मंतर पर छात्र प्रदर्शन से शुरू हुआ मामला पुलिस जांच के अनुसार, पीएम मोदी को निशाना बनाने वाले ये आपत्तिजनक और मार्फ्ड वीडियो दिल्ली के जंतर-मंतर पर हुए एक छात्र आंदोलन के समय से फैलाए जा रहे हैं। यह विरोध प्रदर्शन कॉकरोच जनता पार्टी के नेतृत्व में छात्रों द्वारा आयोजित किया गया था। पुलिस अधिकारी का बयान- आरोपियों की तलाश जारी मामले की जांच कर रहे हैदराबाद साइबर क्राइम के एक जांच अधिकारी ने बताया कि हमने दर्ज मामलों और शिकायतकर्ताओं द्वारा रिपोर्ट किए गए आपत्तिजनक लिंक्स को लेकर मेटा को नोटिस जारी कर दिया है। हम आरोपियों की पहचान करने और उन्हें गिरफ्तार करने के लिए उनकी जानकारी जुटाने की कोशिश कर रहे हैं। एफआईआर से पहले मेटा अधिकारियों को समन जारी हुआ था सूत्रों के मुताबिक, हैदराबाद साइबर क्राइम पुलिस ने एफआईआर दर्ज करने से कुछ दिन पहले ही मेटा के प्रतिनिधियों को समन जारी किया था। पुलिस ने उनसे प्लेटफॉर्म पर AI जनरेटेड स्कैम, फर्जी विज्ञापन और हेरफेर किए गए कंटेंट को डिटेक्ट और रिमूव करने वाले सिस्टम के बारे में स्पष्टीकरण मांगा था। मामला दर्ज होने के बाद मेटा के प्रतिनिधि ने जांच अधिकारियों के सामने पेश होकर कंपनी के कंटेंट मॉडरेशन और अनुपालन (कंप्लायंस) उपायों की जानकारी दी है। हालांकि, मेटा की ओर से इस एफआईआर पर सार्वजनिक रूप से कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है। नोएडा में महिला पर एफआईआर, पीएम पर अभद्र टिप्पणी का आरोप एक अन्य मामले में, जंतर-मंतर पर विरोध प्रदर्शन के दौरान प्रधानमंत्री के खिलाफ कथित रूप से अभद्र भाषा का प्रयोग करने पर नोएडा में एक महिला पर जीरो FIR दर्ज की गई है। गाजियाबाद की रहने वाली स्मृति सिंह की शिकायत पर नोएडा के सेक्टर 168 की रहने वाली रुचिका सिंह के खिलाफ एक्सप्रेसवे थाने में यह केस दर्ज किया गया है। BNS की 3 धाराओं में केस दर्ज, संवैधानिक पद के अपमान की शिकायत शिकायत के अनुसार, आरोपी महिला ने 23 जुलाई को जंतर-मंतर पर प्रधानमंत्री के खिलाफ अभद्र और आपत्तिजनक भाषा का प्रयोग किया था। इससे संवैधानिक पद की गरिमा को ठेस पहुंची और समाज में नफरत फैलाने व शांति भंग करने की कोशिश की गई। पुलिस ने महिला पर BNS की धारा 352 (शांति भंग करने के लिए उकसाना), 353(1) (लोक उपद्रव से जुड़े बयान) और 356(1) (मानहानि) के तहत मामला दर्ज किया है। पीएम मोदी की पोस्ट हटने पर केंद्र सरकार सख्त यह एफआईआर ऐसे समय में सामने आई है जब मेटा केंद्र सरकार के भी निशाने पर है। हाल ही में CJP विरोध प्रदर्शनों के बीच 23 जुलाई को इंस्टाग्राम पर अपलोड और फेसबुक पर शेयर की गई पीएम मोदी की पहली डायरेक्ट सेल्फी वीडियो पोस्ट को प्लेटफॉर्म ने थोड़ी देर के लिए प्रतिबंधित कर दिया था। हालांकि बाद में इसे रीस्टोर कर दिया गया था। मेटा ने इसे अपने AI मॉडरेशन सिस्टम का तकनीकी ग्लिच बताया था। इस सफाई से केंद्र सरकार संतुष्ट नहीं है। सरकार ने कंपनी के शीर्ष वैश्विक अधिकारियों को समन भेजा है। आईटी सचिव एस. कृष्णन ने कहा कि कंपनी ने गलती स्वीकार कर माफी तो मांग ली है, लेकिन उनका स्पष्टीकरण पर्याप्त नहीं है और सरकार अधिक विवरण मांग रही है। क्या होता है AI-जनरेटेड मॉर्फ्ड वीडियो? आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) और डीपफेक टेक्नोलॉजी के जरिए किसी भी असली व्यक्ति के चेहरे, हाव-भाव और आवाज की हूबहू नकल करके फर्जी वीडियो तैयार किया जा सकता है। ऐसे वीडियो देखने में बिल्कुल असली लगते हैं और इनका इस्तेमाल जनता के बीच भ्रम फैलाने, फर्जी विज्ञापन चलाने या किसी शख्सियत की छवि खराब करने के लिए किया जा सकता है। कानूनन यह आईटी एक्ट और भारतीय न्याय संहिता (BNS) के तहत एक गंभीर अपराध है। क्या होती है जीरो FIR? आमतौर पर जब कोई अपराध होता है, तो घटना वाले क्षेत्र के अधिकार क्षेत्र वाले पुलिस स्टेशन में ही FIR दर्ज की जाती है। लेकिन 'जीरो एफआईआर' के तहत पीड़ित किसी भी पुलिस स्टेशन में जाकर अपनी शिकायत दर्ज करवा सकता है, भले ही अपराध उस थाना क्षेत्र में न हुआ हो। बाद में इस FIR को जांच के लिए संबंधित थाने में ट्रांसफर कर दिया जाता है। ये खबर भी पढ़ें… ITR फाइल करने की आखिरी तारीख आज: 5 करोड़ लोगों ने रिटर्न भरा; चूकने पर ₹5000 जुर्माना; CA ने बताए 4 आसान स्टेप्स इनकम टैक्स रिटर्न फाइल करने की आखिरी तारीख आज 31 जुलाई 2026 है। गुरुवार तक 5 करोड़ से ज्यादा टैक्सपेयर्स अपना ITR फाइल कर चुके हैं। अगर आप आज आईटीआर फाइल करने में चूक जाते हैं, तो 31 दिसंबर तक जुर्माना भरकर 'बिलेटेड रिटर्न' फाइल कर सकते हैं। पूरी खबर पढ़ें…

दैनिक भास्कर 31 Jul 2026 8:59 am

Gen-Z प्रोटेस्ट में इस्तेमाल हुआ एप बिना इंटरनेट इंस्टॉल होगा:ब्लूटूथ के जरिए मैसेज भेजता है बिटचैट, सरकार ने प्ले स्टोर से हटाने को कहा था

ट्विटर बनाने वाले जैक डोर्सी के ऑफलाइन मैसेजिंग एप 'बिटचैट' ने एंड्रॉयड यूजर्स के लिए नया फीचर रोलआउट किया है। इसकी मदद से यूजर्स बिना इंटरनेट, गूगल प्ले स्टोर या गिटहब के एप को सीधे एक फोन से दूसरे फोन में शेयर और इंस्टॉल कर सकते हैं। कंपनी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर इसका एलान किया। यह अपडेट भारत सरकार द्वारा गिटहब से बिटचैट एप को ब्लॉक करने की मांग के बाद आया है। सरकार का कहना था कि इस एप का इस्तेमाल आपराधिक ग्रुप कर सकते हैं, जिससे कानूनी जांच में बाधा आ सकती है। नई दिल्ली में कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के प्रदर्शन के दौरान जेन-जी युवाओं के इस्तेमाल के बाद यह एप चर्चा में आया था। ऑनलाइन प्लेटफॉर्म्स पर बैन का भी नहीं पड़ेगा असर बिटचैट टीम ने अपनी पोस्ट में लिखा कि एप अब बिना इंटरनेट के दूसरे एंड्रॉयड फोन पर खुद को भेज सकता है। यानी गिटहब या गूगल प्ले स्टोर जैसे ऑनलाइन प्लेटफॉर्म से एप ब्लॉक या हटने के बाद भी यूजर्स इसे एक-दूसरे के फोन से शेयर कर इस्तेमाल कर सकते हैं। इस तरह बिटचैट इंस्टॉल वाला हर एंड्रॉयड फोन एप बांटने का केंद्र बन जाएगा। अकाउंट या फोन नंबर की जरूरत नहीं बिटचैट एप की सबसे बड़ी खासियत यह है कि इसका इस्तेमाल करने के लिए यूजर्स को अकाउंट बनाने, फोन नंबर लिंक करने या क्लाउड सर्वर से जुड़ने की जरूरत नहीं होती।कंपनी का कहना है कि यह एप पूरी तरह सुरक्षित है, क्योंकि मैसेज किसी तीसरे के पास नहीं जाते, बल्कि सीधे आसपास के फोन्स के बीच ट्रांसफर होते हैं। इसलिए जहां इंटरनेट बंद हो या नेटवर्क कम या ब्लॉक हो, वहां बातचीत के लिए यह उपयुक्त है। गिटहब, BLE मेश नेटवर्क और APK क्या है? ---------------------------- ये खबर भी पढ़ें… वॉट्सएप वेब में ऑडियो-वीडियो कॉलिंग फीचर आया:एप डाउनलोड किए बिना लैपटॉप-कंप्यूटर से कॉल कर सकेंगे; स्क्रीन शेयरिंग का सपोर्ट भी मिलेगा इंस्टेंट मैसेजिंग प्लेटफॉर्म वॉट्सएप ने वेब-बेस्ड कॉलिंग फीचर लॉन्च कर दिया है। अब यूजर्स को लैपटॉप या कंप्यूटर पर ऑडियो और वीडियो कॉल करने के लिए अलग से डेस्कटॉप एप्लीकेशन डाउनलोड करने की जरूरत नहीं होगी। वे सीधे वेब ब्राउजर से ऑडियो-वीडियो कॉल कर सकेंगे और रिसीव भी कर पाएंगे। पूरी खबर पढ़ें…

दैनिक भास्कर 30 Jul 2026 7:06 pm

iPhone 18 Pro Max vs Pixel 11 Pro XL: अगस्त में Google और सितंबर में Apple की टक्कर, जानें कौन होगा सबसे दमदार?

Apple और Google एक बार फिर प्रीमियम स्मार्टफोन बाजार में आमने-सामने आने की तैयारी में हैं। Google का नया Pixel 11 Pro XL अगस्त में लॉन्च होने की उम्मीद है, जबकि Apple सितंबर में iPhone 18 Pro Max पेश कर सकता है। दोनों फोन में इस बार बड़े डिजाइन ...

वेब दुनिया 30 Jul 2026 6:41 pm

हुंडई की नई इलेक्ट्रिक MPV 'नीरा ईवी' का कॉन्सेप्ट रिवील:7-सीटर कार 39 मिनट में 0-80% चार्ज होगी, फुल चार्ज पर 490km रेंज का दावा

साउथ कोरियन कंपनी हुंडई ने इंडोनेशिया ऑटो शो 'GIIAS-2026' में अपने नई इलेक्ट्रिक MPV नीरा का कॉन्सेप्ट मॉडल रिवील कर दिया है। कार में सबसे खास इसकी 490km तक की रेंज, 7-सीटर सीटिंग कैपेसिटी और 100kW DC फास्ट चार्जर की मदद से महज 39 मिनट में 0 से 80% तक चार्ज होने की क्षमता है। यह नया कॉन्सेप्ट मॉडल किआ कैरेंस क्लेविस EV का ही रीबैज्ड वर्जन है, जिसे भारत में जुलाई 2025 से बेचा जा रहा है। किआ-हुंडई दोनों ही हुंडई मोटर ग्रुप का हिस्सा हैं। 20 से 26 लाख रुपए के बीच हो सकती है कीमत हुंडई नीरा कॉन्सेप्ट को सबसे पहले इंडोनेशियाई मार्केट के लिए तैयार किया गया है। कंपनी ने अपने 2025 इनवेस्टर डे पर पुष्टि की थी कि वह दशक के अंत यानी 2030 तक भारत में एक नई फैमिली MPV पेश करेगी। भारत में पहले से बिक रही किआ कैरेंस EV के प्लेटफॉर्म पर बेस्ड होने से इसे जल्दी लाया जा सकता है। हालांकि, कंपनी ने अभी इसकी आधिकारिक कीमत और बुकिंग डेट का खुलासा नहीं किया है, लेकिन किआ कैरेंस EV के सेगमेंट को देखते हुए भारत में इसकी संभावित एक्स-शोरूम कीमत 20 से 26 लाख रुपए के बीच हो सकती है। एक्सटीरियर: कनेक्टेड फ्रंट LED DRL's और नए अलॉय व्हील्स इंटीरियर: 12.3-इंच की इंटीग्रेटेड स्क्रीन्स केबिन के अंदर का लेआउट भी किआ कैरेंस EV जैसा ही है, बस कुछ कॉस्मेटिक बदलाव किए गए हैं। परफॉर्मेंस: 490km की ड्राइविंग रेंज और 100kW DC फास्ट चार्जर कंपनी ने पावरट्रेन की जानकारी नहीं दी है, लेकिन इसमें किआ कैरेंस EV वाले ही बैटरी पैक मिलने की पूरी संभावना है। सेफ्टी फीचर्स: लेवल-2 एडवांस्ड ड्राइवर असिस्टेंस सिस्टम इलेक्ट्रिक MPV में लेवल-2 एडवांस्ड ड्राइवर असिस्टेंस सिस्टम (ADAS) टेक्नोलॉजी दी जा सकती है, जिसमें लेन कीप असिस्ट, ऑटोमैटिक इमरजेंसी ब्रेकिंग और ब्लाइंड स्पॉट मॉनिटरिंग शामिल हैं। कार में 6 एयरबैग्स, ABS के साथ EBD, इलेक्ट्रॉनिक स्टेबिलिटी कंट्रोल, ऑल-व्हील डिस्क ब्रेक्स, हिल-स्टार्ट असिस्ट और 360-डिग्री कैमरा जैसे सेफ्टी फीचर्स मिलेंगे।

दैनिक भास्कर 30 Jul 2026 2:29 pm

मिनी कूपर कनवर्टिबल स्टारडस्ट एडिशन लॉन्च, कीमत ₹62.90 लाख:फोल्डिंग सॉफ्ट टॉप के साथ 9.4-इंच सर्कुलर ओलेड स्क्रीन, 16.82kmpl का माइलेज

प्रीमियम कार बनाने वाली कंपनी मिनी ने भारत में अपनी लग्जरी कनवर्टिबल हैचबैक का नया स्पेशल मॉडल 'मिनी कूपर कनवर्टिबल स्टारडस्ट एडिशन' लॉन्च कर दिया है। इसकी एक्स-शोरूम कीमत ₹62.90 लाख रखी गई है। कार में सबसे खास इसका इलेक्ट्रिकली फोल्डिंग सॉफ्ट टॉप है। यह छत सिर्फ 18 सेकंड में पूरी तरह खुल जाती है और 15 सेकंड में बंद हो जाती है। इसे 30kmph की स्पीड पर भी ऑपरेट किया जा सकता है। कम्प्लीटली बिल्ट-अप यूनिट के रूप में मिलेगी स्टैंडर्ड कूपर कनवर्टिबल (₹59 लाख) की तुलना में स्टारडस्ट एडिशन ₹3.9 लाख महंगा है। वहीं JCW पैक वैरिएंट (₹61.50 लाख) से यह ₹1.4 लाख ज्यादा कीमत पर आया है। यह कार भारत में कम्प्लीटली बिल्ट-अप यूनिट (CBU) यानी पूरी तरह से विदेश में बनकर आयात की जाएगी। ग्राहक इसे मिनी इंडिया की ऑफिशियल वेबसाइट के जरिए बुक कर सकते हैं। कंपनी ने इसकी डिलीवरी शुरू कर दी है। एक्सटीरियर:18-इंच अलॉय व्हील्स, 215 लीटर बूट स्पेस स्टारडस्ट एडिशन को नए स्पार्कलिंग कॉपर ग्रे एक्सटीरियर पेंट शेड में पेश किया गया है। कार के साइड मिरर के कैप्स वाइब्रेंट सिल्वर कलर में हैं। साइड प्रोफाइल में 18-इंच के स्पोक अलॉय व्हील्स दिए गए हैं, जो वाइब्रेंट सिल्वर लुक में हैं। जब कार की छत खुली होने पर इसमें 160 लीटर का लगेज स्पेस मिलता है। वहीं सॉफ्ट-टॉप बंद होने पर बूट स्पेस बढ़कर 215 लीटर हो जाता है। इंटीरियर और फीचर्स: 9.4-इंच का गोल ओलेड टचस्क्रीन केबिन के अंदर का लेआउट प्रीमियम और हाई-टेक नजर आता है। इसमें डैशबोर्ड के सेंटर में 9.4-इंच का गोल ओलेड टचस्क्रीन इंफोटेनमेंट सिस्टम दिया गया है, जो मिनी OS 9 पर चलता है। कार में हेड-अप डिस्प्ले, हरमन कार्डन का सराउंड साउंड सिस्टम, वायरलेस चार्जर, हीटेड स्टीयरिंग व्हील, ऑटोमैटिक क्लाइमेट कंट्रोल और वायरलेस एपल कारप्ले व एंड्रॉइड ऑटो कनेक्टिविटी जैसे फीचर्स दिए गए हैं। परफॉर्मेंस: 240kmph की टॉप स्पीड और 16.82kmpl का माइलेज इंजन में कोई बदलाव नहीं किया गया है। इसमें स्टैंडर्ड मॉडल वाला ही 2.0-लीटर का 4-सिलेंडर टर्बो-पेट्रोल इंजन मिलता है, जो 204hp की पावर और 300Nm का पीक टॉर्क जनरेट करता है। इंजन को 7-स्पीड डुअल-क्लच ऑटोमैटिक ट्रांसमिशन के साथ जोड़ा गया है। यह कार सिर्फ 6.9 सेकंड में 0 से 100kmph की रफ्तार पकड़ सकती है। इसकी टॉप स्पीड 240kmph है। कंपनी इसके लिए 16.82kmpl के माइलेज का दावा करती है, जो कि स्टैंडर्ड मॉडल (16.39kmpl) से थोड़ा ज्यादा है। सेफ्टी फीचर्स: लेवल-1 ADAS के साथ टायर प्रेशर मॉनिटरिंग सिस्टम सफर को सुरक्षित बनाने के लिए कार में एडवांस्ड सेफ्टी फीचर्स दिए गए हैं। ड्राइविंग को आसान और सुरक्षित बनाने के लिए लेवल-1 एडवांस ड्राइविंग असिस्ट सिस्टम (ADAS) का सपोर्ट है। इसके अलावा, डायनेमिक स्टेबिलिटी कंट्रोल, एंटी-लॉक ब्रेकिंग सिस्टम, चारों सीटों के लिए 3-पॉइंट सीटबेल्ट्स, रियर-व्यू कैमरा और टायर प्रेशर मॉनिटरिंग सिस्टम जैसे सेफ्टी फीचर्स मिलते हैं।

दैनिक भास्कर 29 Jul 2026 8:50 pm

WhatsApp का मेगा अपडेट, 5 नए फीचर्स बदल देंगे कॉलिंग का पूरा एक्सपीरियंस

WhatsApp ने अपने वेब वर्जन (WhatsApp Web) के लिए बड़ा अपडेट जारी किया है। अब यूजर्स बिना डेस्कटॉप ऐप इंस्टॉल किए सीधे अपने वेब ब्राउज़र से ऑडियो और वीडियो कॉल कर सकेंगे। पहले कंप्यूटर से कॉल करने के लिए WhatsApp Desktop ऐप की जरूरत होती थी, लेकिन अब ...

वेब दुनिया 29 Jul 2026 3:49 pm

2026 टाटा पंच ईवी फेसलिफ्ट को 5-स्टार रेटिंग मिली:भारत-NCAP क्रैश टेस्ट में बच्चों की सेफ्टी के लिए 45 पॉइंट मिले

2026 टाटा पंच EV को भारत NCAP क्रैश टेस्ट में 5-स्टार रेटिंग मिली है। इस इलेक्ट्रिक SUV ने सुरक्षा के मानकों पर खरा उतरते हुए यह उपलब्धि हासिल की है। 31 पॉइंट के साथ हासिल की रेटिंग भारत NCAP की ओर से जारी नतीजों के मुताबिक, टाटा पंच EV ने क्रैश टेस्ट में कुल 31 पॉइंट हासिल किए हैं। इस शानदार प्रदर्शन के बाद इसे 5-स्टार रेटिंग दी गई है। टाटा की यह इलेक्ट्रिक SUV सुरक्षा के लिहाज से काफी मजबूत मानी जा रही है।

दैनिक भास्कर 29 Jul 2026 3:00 pm

रूस ने टेलीग्राम के फाउंडर को वॉन्टेड लिस्ट में डाला:पावेल दुरोव पर आतंकवाद फैलाने का आरोप, केस दर्ज; एप बैन हो सकता है

रूस की मुख्य सुरक्षा एजेंसी फेडरल सिक्योरिटी सर्विस (FSS) ने मैसेजिंग एप टेलीग्राम के फाउंडर पावेल दुरोव के खिलाफ आतंकवाद को बढ़ावा देने के आरोप तय किए हैं। रूस ने उन्हें इंटरनेशनल वॉन्टेड लिस्ट में भी डाल दिया है। FSS ने आरोप लगाया कि टेलीग्राम का एडमिनिस्ट्रेशन उन चैनल्स, चैट्स और बोट्स को हटाने में नाकाम रहा है, जिनका इस्तेमाल यूक्रेनी इंटेलिजेंस एजेंसियां और चरमपंथी संगठन रूस में तोड़फोड़, साइबर फ्रॉड और आतंकी गतिविधियों को अंजाम देने के लिए कर रहे हैं। रूस में पूरी तरह से बैन हो सकता है टेलीग्राम एप सुरक्षा एजेंसियों का कहना है कि बार-बार चेतावनी के बावजूद टेलीग्राम प्रशासन ने इन्हें हटाने के लिए कोई ठोस कदम नहीं उठाया। पावेल दुरोव पर नया केस दर्ज होने के बाद अब रूस में टेलीग्राम के भविष्य और इसकी सेवाओं पर पूरी तरह बैन लगने की आशंका बढ़ गई है। दुबई में रहकर एप का ऑपरेशन संभाल रहे दुरोव पावेल दुरोव का जन्म रूस में ही हुआ था, लेकिन उन्होंने 2021 में फ्रांस की नागरिकता हासिल कर ली थी। इस समय वे दुबई से अपनी कंपनी और एप का संचालन कर रहे हैं। टेलीग्राम पर पहले से पाबंदियां, फिर भी लोकप्रिय रूस में टेलीग्राम सबसे लोकप्रिय मैसेजिंग एप्स में से एक है। रूसी सरकार ने सुरक्षा कारणों का हवाला देते हुए एप पर पहले ही कड़े प्रतिबंध लगा रखे हैं। इसके बावजूद आम लोगों से लेकर सरकारी और मिलिट्री से जुड़े लोग भी इस एप का उपयोग करते हैं। भारत में भी विवादों में रहा है टेलीग्राम एप नॉलेज बॉक्स क्या है फेडरल सिक्योरिटी सर्विस FSS रूस की मुख्य आंतरिक सुरक्षा और खुफिया एजेंसी है। यह पूर्ववर्ती सोवियत संघ की एजेंसी KGB की उत्तराधिकारी मानी जाती है। इसका मुख्य काम देश के भीतर आतंकवाद रोकना, सीमाओं की सुरक्षा करना और साइबर सुरक्षा की निगरानी करना है। कौन हैं पावेल दुरोव 1984 में रूस में जन्मे दुरोव को 'रूस का मार्क जकरबर्ग' कहा जाता है। उन्होंने टेलीग्राम से पहले रूस का सबसे बड़ा सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म VK बनाया था। डेटा प्राइवेसी और अभिव्यक्ति की आजादी को लेकर रूसी सरकार से हुए विवाद के बाद उन्होंने 2014 में रूस छोड़ दिया था। अभी दुरोव दुबई में रहते हैं।

दैनिक भास्कर 29 Jul 2026 12:48 pm

ऑडी ने पेश की अपनी सबसे बड़ी एसयूवी Q9:3-रो सीटिंग, V6 डीजल इंजन और दुनिया की पहली कर्व्ड OLED टेल-लाइट्स मिलीं

ऑडी ने अपनी अब तक की सबसे बड़ी एसयूवी Q9 अनवील कर दी है। 3-रो सीटिंग वाली इस फुल-साइज SUV को Q7 और Q8 के ऊपर नए फ्लैगशिप मॉडल के तौर पर पेश किया गया है। इसमें दुनिया की पहली कर्व्ड डिजिटल OLED रियर लाइट्स, ऑटोमैटिक पावर डोर्स और कंपनी का अब तक का सबसे बड़ा पैनोरमिक सनरूफ है। इंटीरियर और लग्जरी फीचर्स Q9 में सात सीटें स्टैंडर्ड तौर पर मिलती हैं, जबकि ग्राहक छह सीटों वाला विकल्प भी चुन सकते हैं। इसमें दूसरी रो में इलेक्ट्रिकली एडजस्टेबल कैप्टन सीटें दी गई हैं। फ्रंट सीटों में हीटेड, वेंटिलेटेड और मसाज जैसे फीचर्स हैं। ऑडी ने पहली बार पावर-ऑपरेटेड दरवाजे दिए हैं। इन्हें 'माई ऑडी' एप से भी कंट्रोल किया जा सकता है। इसमें 1.5 वर्ग मीटर से बड़ा पैनोरमिक सनरूफ दिया गया है, जो ऑडी का अब तक का सबसे बड़ा सनरूफ है। दुनिया की पहली कर्व्ड ओएलईडी लाइटिंग ऑडी Q9 में थर्ड-जनरेशन कर्व्ड डिजिटल OLED रियर लाइट्स का इस्तेमाल किया गया है, जिन्हें पतले कर्व्ड ग्लास से तैयार किया गया है। फ्रंट में माइक्रो-LED तकनीक वाले हेडलाइट्स मिलते हैं जो एडेप्टिव लाइटिंग और पेडेस्ट्रियन हाईलाइटिंग का काम करते हैं। इसमें ऐसे इंडिकेटर्स दिए गए हैं जो रात में सड़क पर मुड़ने की दिशा में एरो प्रोजेक्ट करते हैं। 3 डिस्प्ले, AI असिस्टेंट और 4D साउंड सिस्टम इसमें 11.9-इंच का डिजिटल इंस्ट्रूमेंट क्लस्टर, 14.5-इंच का कर्व्ड टचस्क्रीन और पैसेंजर के लिए डाइनेमिक प्राइवेसी मोड वाला 12.3-इंच का डिस्प्ले मिलता है। यह सिस्टम एंड्रॉइड ऑटोमोटिव OS पर चलता है, जिसमें ऑडी एप स्टोर का एक्सेस मिलता है। इसका इंटीग्रेटेड 'ऑडी असिस्टेंट' AI का उपयोग करता है। इसमें 1,360-वॉट का 22-स्पीकर वाला 4D साउंड सिस्टम है। लो-फ्रीक्वेंसी साउंड को महसूस करने के लिए हेडरेस्ट स्पीकर्स और सीट्स में एक्ट्यूएटर्स लगे हैं। इंजन और परफॉर्मेंस: 3.0-लीटर V6 डीजल इंजन ऑडी Q9 में 3.0-लीटर का वी6 डीजल इंजन दिया गया है, जो 299 पीएस की पावर और 630 एनएम का टॉर्क जनरेट करता है। इसे एमएचईवी प्लस माइल्ड-हाइब्रिड तकनीक के साथ जोड़ा गया है, जो एक्सीलरेशन के दौरान अतिरिक्त 24 पीएस की पावर और 370 एनएम तक का टॉर्क दे सकती है। इसमें आठ-स्पीड टिपट्रोनिक ऑटोमैटिक ट्रांसमिशन और क्वाट्रो ऑल-व्हील-ड्राइव सिस्टम मिलता है। एडेप्टिव एयर सस्पेंशन और ऑल-व्हील स्टीयरिंग भी दिया गया है। सेफ्टी फीचर्स: 360-डिग्री कैमरा और ADAS सूट

दैनिक भास्कर 29 Jul 2026 12:28 pm

2026 टोयोटा हाइलक्स भारत में लॉन्च, शुरुआती कीमत ₹31.99 लाख:2.8L डीजल इंजन और 4x4 ऑप्शन, 360-डिग्री कैमरा और ADAS जैसे एडवांस्ड फीचर्स

जापानी ऑटोमेकर कंपनी टोयोटा किर्लोस्कर इंडिया ने आज 28 जुलाई को भारत में अपनी नाइन्थ-जनरेशन हाइलक्स पिकअप ट्रक को लॉन्च कर दिया है। 2026 टोयोटा हाइलक्स की शुरुआती एक्स-शोरूम कीमत ₹31.99 लाख रखी गई है। कंपनी ने इस नए मॉडल के एक्सटीरियर और केबिन में कई बड़े बदलाव किए हैं, साथ ही इसमें एडवांस टेक्नोलॉजी और नए फीचर्स जोड़े गए हैं। टोयोटा ने हालांकि, इसमें IMV बॉडी-ऑन-फ्रेम प्लेटफॉर्म और डबल कैब बॉडी स्टाइल को कायम रखा है। इसके अलावा, नए पिकअप में पहले की तरह ही 2.8L डीजल इंजन मिलेगा, जो 4x4 और 4x2 ऑप्शन के साथ आएगा। इसमें 360-डिग्री कैमरा और ADAS जैसे एडवांस्ड सेफ्टी फीचर्स भी हैं। यह पिकअप ट्रक भारत में मुख्य रूप से इसुजु वी-क्रॉस को टक्कर देगा। कीमत, वेरिएंट्स और बुकिंग डिटेल्स 2026 टोयोटा हाइलक्स को भारतीय बाजार में तीन वेरिएंट्स में पेश किया गया है। पुराने मॉडल (जिसकी कीमत ₹28.52 लाख से ₹36 लाख के बीच थी) की तुलना में इसके एंट्री-लेवल बेस वेरिएंट की कीमत ₹3.47 लाख बढ़ गई है, जबकि टॉप-एंड वेरिएंट में केवल ₹69,000 की मामूली बढ़ोतरी की गई है। पूरी तरह नया जनरेशन अपडेट, नए फीचर्स और नया केबिन मिलने के बावजूद टॉप मॉडल में कीमत का अंतर काफी कम रखा गया है। यह कार अब टोयोटा की आधिकारिक डीलरशिप्स पर उपलब्ध है। एक्सटीरियर डिजाइन और 6 कलर ऑप्शंस प्रीमियम इंटीरियर और नए फीचर्स केबिन के अंदर पूरी तरह से नया डैशबोर्ड दिया गया है। इसमें सॉफ्ट-टच लेदरेट और हार्ड प्लास्टिक का इस्तेमाल किया गया है, जो इसे लग्जरी और रफ-एंड-टफ लुक देता है। इंजन परफॉर्मेंस और गियरबॉक्स एडवांस सेफ्टी फीचर्स सुरक्षा के मामले में नई हाइलक्स को काफी अपग्रेड किया गया है:

दैनिक भास्कर 28 Jul 2026 9:07 pm

मस्क ने X मनी फीचर लॉन्च किया:US में यूजर्स एप में ही खोल सकेंगे बैंक अकाउंट, बिल पेमेंट और मनी ट्रांसफर भी कर सकेंगे

इलॉन मस्क ने X मनी फीचर का रोलआउट शुरू कर दिया है। यह सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X को एवरीथिंग एप बनाने के प्लान के तहत एक बड़ा कदम है। कंपनी ने अभी सिर्फ अमेरिका में अपने प्रीमियम और प्रीमियम+ सब्सक्राइबर्स के लिए यह बैंकिंग सर्विसेज शुरू की हैं। इससे पहले इसे केवल इनवाइट-ओनली बीटा फेज के तहत टेस्ट किया जा रहा था, जिसके बाद 27 जुलाई से इसे ऑफिशियल तौर पर रोलआउट किया गया है। यूजर एप छोड़े बिना कर सकेंगे बैंकिंग के काम X मनी फीचर के जरिए सब्सक्राइबर्स को एप छोड़े बिना ही अपनी रोजमर्रा की बैंकिंग एक्टिविटीज करने की सुविधा मिलेगी। इस सर्विस के तहत यूजर्स को क्रॉस रिवर बैंक के सपोर्ट से डिपॉजिट अकाउंट मिलेगा। इसके जरिए यूजर्स पैसे प्राप्त कर सकेंगे, अन्य X यूजर्स को पैसे ट्रांसफर कर सकेंगे, बिलों का पेमेंट कर सकेंगे, वायर ट्रांसफर भेज सकेंगे और फिजिकल चेक भी जमा कर सकेंगे। वर्चुअल और मेटल कार्ड, 3% कैशबैक की सुविधा X मनी के तहत एक वर्चुअल वीजा डेबिट कार्ड ऑटोमैटिक जारी हो जाएगा। यह कार्ड एपल पे और गूगल पे दोनों के साथ काम करता है। इसके अलावा यूजर्स एक फिजिकल मेटल कार्ड का भी ऑर्डर दे सकते हैं। यूजर्स के पास यह चुनने का ऑप्शन होगा कि वे इस फिजिकल कार्ड पर अपना X हैंडल प्रिंट करवाना चाहते हैं या नहीं। कार्ड के मुख्य फीचर्स: 6% सालाना ब्याज और फ्री ATM विड्रॉल मौजूदा समय में X मनी की सुविधा केवल अमेरिका के प्रीमियम और प्रीमियम+ सब्सक्राइबर्स के लिए ही उपलब्ध है। एलिजिबल यूजर्स डायरेक्ट डिपॉजिट सेट करके 6% तक का एनुअल परसेंटेज यील्ड (APY) कमा सकते हैं। अन्य सुविधाएं और सिक्योरिटी फीचर्स मस्क का एवरीथिंग एप विजन X मनी का लॉन्च इलॉन मस्क के X को चीन के 'वीचैट' की तर्ज पर एक एवरीथिंग एप बनाने के पुराने प्लान का हिस्सा है। इसमें मैसेजिंग, शॉपिंग और फाइनेंशियल सर्विसेज एक ही प्लेटफॉर्म पर काम करती हैं। साल 2023 में मस्क ने कर्मचारियों से कहा था कि वे चाहते हैं कि X आगे चलकर पीयर-टू-पीयर (P2P) पेमेंट से आगे बढ़कर यूजर्स की पूरी फाइनेंशियल लाइफ को सपोर्ट करे। अमेरिकी सांसदों की नजर, सीनेटर वॉरेन ने जताई चिंता X के फाइनेंशियल सर्विसेज के क्षेत्र में कदम रखने पर अमेरिकी सांसदों की जांच और नजर भी बढ़ गई है। सीनेट बैंकिंग कमेटी की टॉप डेमोक्रेट सीनेटर एलिजाबेथ वॉरेन ने 14 अप्रैल को इलॉन मस्क को एक लेटर लिखा था। उन्होंने पत्र में मस्क से इस बात की पूरी जानकारी मांगी थी कि क्या X बैंकिंग और फाइनेंशियल सर्विसेज को जिम्मेदारी से संभालने के लिए पूरी तरह तैयार है या नहीं। वॉरेन ने X के मैनेजमेंट पर चिंता जताते हुए कंज्यूमर्स, राष्ट्रीय सुरक्षा और पूरे फाइनेंशियल सिस्टम के लिए संभावित जोखिमों पर सवाल उठाए थे। क्या होता है एवरीथिंग एप या सुपर एप? एवरीथिंग एप या सुपर एप एक ऐसा डिजिटल प्लेटफॉर्म होता है जो यूजर को एक ही एप के भीतर कई तरह की अलग-अलग सर्विसेज देता है। जैसे- सोशल मीडिया, मैसेजिंग, डिजिटल वॉलेट, बैंकिंग, कैब बुकिंग, ऑनलाइन शॉपिंग और बिल पेमेंट। चीन में 'वीचैट' इसका सबसे बड़ा उदाहरण है। इलॉन मस्क भी X को इसी तर्ज पर ढाल रहे हैं ताकि यूजर को किसी अन्य काम के लिए एप बदलने की जरूरत न पड़े। एनुअल परसेंटेज यील्ड क्या है? एनुअल परसेंटेज यील्ड यानी APY का मतलब है सालाना मिलने वाला कुल ब्याज का प्रतिशत। इसमें चक्रवृद्वि ब्याज यानी कंपाउंड इंटरेस्ट भी शामिल होता है। यानी अगर आप X मनी के डिपॉजिट अकाउंट में पैसा रखते हैं और डायरेक्ट डिपॉजिट सेट करते हैं, तो आपको सालाना 6% की दर से रिटर्न का फायदा मिल सकता है।

दैनिक भास्कर 28 Jul 2026 8:15 pm

iPhone 18 Pro और iPhone 18 Pro Max सितंबर में हो सकते हैं लॉन्च, बड़ी बैटरी, 2nm चिप और DSLR जैसे कैमरे की चर्चा

Apple के अगली पीढ़ी के प्रीमियम स्मार्टफोन iPhone 18 Pro और iPhone 18 Pro Max को लेकर नई लीक्स सामने आई हैं। रिपोर्ट्स के मुताबिक कंपनी इस साल सितंबर में इन दोनों मॉडल्स को लॉन्च कर सकती है। लीक्स में दावा किया गया है कि नए iPhone Pro मॉडल्स में 2nm ...

वेब दुनिया 28 Jul 2026 6:56 pm

Jio का बड़ा धमाका, 33.3 लाख नए एक्टिव मोबाइल सब्सक्राइबर जुड़े, 5G और वायरलाइन में भी नंबर-1

जून में सक्रिय मोबाइल ग्राहकों की दौड़ में रिलायंस जियो सबसे आगे रहा। ट्राई के आंकड़ों के मुताबिक कंपनी ने महीने के दौरान 33.3 लाख सक्रिय यानी VLR ग्राहक जोड़े। इससे जियो का सक्रिय मोबाइल ग्राहक आधार बढ़कर 49.89 करोड़ हो गया। देश के कुल 120.11 करोड़ ...

वेब दुनिया 28 Jul 2026 5:39 pm

अवोरे इलेक्ट्रिक ने लॉन्च की पहली इलेक्ट्रिक मोटरसाइकिल EX:1.25 लाख रुपये है शुरुआती कीमत, 260 किमी तक की रेंज का दावा

अहमदाबाद की कंपनी अवोरे इलेक्ट्रिक ने मंगलवार को भारतीय बाजार में अपनी पहली इलेक्ट्रिक मोटरसाइकिल EX लॉन्च कर दी है। इसकी शुरुआती एक्स-शोरूम कीमत 1.25 लाख रुपये रखी गई है। समर्थ ई-मोबिलिटी समर्थित इस कंपनी ने बाइक को तीन वेरिएंट्स—EX 2S, EX 2 और EX 1 में पेश किया है। ग्राहक इस मोटरसाइकिल की बुकिंग 799 रुपये में कर सकते हैं और इसकी डिलीवरी करीब दो महीने में शुरू होने की उम्मीद है। तीन वेरिएंट्स में उपलब्ध है बाइक कंपनी के अनुसार, EX 2S वेरिएंट एक बार चार्ज करने पर 260 किमी तक की IDC सर्टिफाइड रेंज देता है और इसकी टॉप स्पीड 114 किमी प्रति घंटा है। EX 2 वेरिएंट 255 किमी की रेंज देता है, जबकि एंट्री-लेवल EX 1 वेरिएंट 160 किमी की रेंज के साथ आता है। यह मोटरसाइकिल अवोरे की स्वदेशी AVORE सोर्स टेक्नोलॉजी और AVR इलेक्ट्रिक व्हीकल प्लेटफॉर्म पर आधारित है, जिसे पिछले तीन वर्षों में विकसित किया गया है। 120 से ज्यादा पेटेंट फाइल किए कंपनी ने बैटरी मैनेजमेंट सिस्टम, मोटर, मोटर कंट्रोलर, ऑनबोर्ड चार्जर और ऑपरेटिंग सिस्टम जैसे प्रमुख सिस्टम के लिए 120 से अधिक बौद्धिक संपदा (IP) आवेदन फाइल किए हैं। EX में रेयर-अर्थ-फ्री परमानेंट मैग्नेट सिंक्रोनस मोटर दी गई है, जो वेरिएंट के आधार पर 7.5 kW से 10.5 kW की पावर पैदा करती है। सभी वर्जन 250 Nm का पीक व्हील टॉर्क जनरेट करते हैं। फीचर्स और चार्जिंग क्षमता इस मोटरसाइकिल में इंटीग्रेटेड मोटर-एंड-स्विंगआर्म पावरट्रेन, 1,500W का ऑनबोर्ड फास्ट चार्जर, मैनुअल और ऑटोमैटिक राइडिंग मोड दिए गए हैं। इसमें कंपनी का अपना ऑपरेटिंग सिस्टम और AI-पावर्ड राइडर असिस्टेंट जैसी कनेक्टेड टेक्नोलॉजी भी शामिल है। इसे सामान्य घरेलू सॉकेट से चार्ज किया जा सकता है। बैटरी 20% से 80% तक चार्ज होने में करीब दो घंटे लेती है और फुल चार्ज होने में लगभग चार घंटे का समय लगता है। गुजरात में है मैन्युफैक्चरिंग यूनिट अवोरे इलेक्ट्रिक के संस्थापक प्रियंक राखोलिया ने कहा कि उनका लक्ष्य हर भारतीय के लिए विश्व स्तरीय इलेक्ट्रिक मोबिलिटी समाधानों को सुलभ बनाना है। कंपनी गुजरात के छतराल में 1,50,000 वर्ग फुट की सुविधा में वाहनों का निर्माण करती है, जिसकी उत्पादन क्षमता 15,000 इलेक्ट्रिक दोपहिया वाहन प्रति माह है। यह मोटरसाइकिल AIS 156 और AIS 038 सुरक्षा मानकों का पालन करती है और इसके साथ पांच साल या 60,000 किमी की बैटरी वारंटी दी जा रही है।

दैनिक भास्कर 28 Jul 2026 4:28 pm

एआई चैटबॉट्स का लगातार इस्तेमाल खतरनाक‎:करीबियों से ज्यादा आपके बारे में जानते हैं चैटबॉट्स; 2 तरीकों से खुद को करें सुरक्षित

एआई चैटबॉट्स सिर्फ हमारे सवालों के जवाब ही‎ नहीं देते, बल्कि हमारी आदतों, व्यवहार और‎ निजी जीवन के बारे में कई ऐसी जानकारियां जुटा‎ लेते हैं, जिनका हम अनुमान भी नहीं लगा सकते।‎न्यूयॉर्क टाइम्स के एक रिपोर्टर ने जब चैटजीपीटी‎ और जेमिनाई से पूछा कि वे उसके बारे में क्या‎ जानते हैं , तो मिले जवाब से वे दंग रह गए ।‎ रिपोर्टर कहते हैं - मैंने कभी चैटबॉट्स के साथ ‎बहुत निजी जानकारी साझा नहीं की। बच्चों की‎ खरीदारी, घर की मरम्मत या डॉक्टर से की जाने‎ वाली बातचीत जैसी सीमित जानकारी ही दी,‎लेकिन जब मैंने कुछ खास प्रॉम्प्ट्स के जरिए पूछा‎ तो चैटबॉट्स ने ऐसी बातें बताईं जो मैंने कभी ‎सीधे नहीं बताई थीं। उन्होंने मेरी आय का अनुमान‎ उस जर्मन कार से लगाया, जिसकी मरम्मत को‎ लेकर मैं अकसर सवाल पूछता था। पिछले एक ‎साल में पैर के अंगूठे के दर्द और उसके इलाज से‎ जुड़े सवालों के आधार पर उन्होंने लंबे समय से‎ चली आ रही स्वास्थ्य समस्या का संकेत दिया। ‎यहां तक रोटी को ठंडा होने में लगने वाले समय पर ‎पूछे गए सवाल से भी उन्होंने यह निष्कर्ष निकाला‎ कि मैं हर चीज पर नियंत्रण रखना पसंद करता हूं।‎ एआई चैटबॉट्स बातचीत के आधार पर उतनी‎ जानकारी इकट्‌ठा कर सकते हैं, जितनी कोई‎ करीबी दोस्त, पत्नी या माता-पिता जानते हैं। ‎दुनिया भर में करोड़ों लोग इंटरनेट सर्च, काम‎ और स्वास्थ्य संबंधी सलाह के लिए चैटबॉट्स ‎का इस्तेमाल कर रहे हैं, लेकिन बहुत से लोगों‎ को यह अंदाजा नहीं है कि एआई उनके बारे में‎ क्या-क्या जानता है? शोधकर्ताओं का कहना ‎है कि यही वजह है कि चैटबॉट्स की प्राइवेसी‎ और मेमोरी सेटिंग्स पर ध्यान देना जरूरी है।‎ दो तरीके- जिनसे चैटबॉट आपकी बातें याद नहीं रख पाएंगे‎ चैटजीपीटी - ऐप या वेबसाइट में सेटिंग्स‎ पर जाएं। इसके बाद मेमोरी विकल्प खोलें‎ और इनेबल मेमोरी का स्विच बंद कर दें।‎ इससे चैटजीपीटी नई बातचीत के लिए‎ आपकी जानकारी याद नहीं रखेगा।‎ जेमिनाई - सेटिंग में जाकर पर्सनल‎ इंटेलिजेंस खोलें। यहां मेमोरी का विकल्प‎ मिलेगा। इसे बंद करने पर जेमिनाई‎ आपकी बातचीत के आधार पर‎ व्यक्तिगत जानकारी सहेजना और‎ उसका इस्तेमाल करना बंद कर देगा।‎ इन 4 प्रॉम्प्ट्स से निकालिए एआई के पास से अपनी जानकारी ?‎ 1. मैंने जो बातें कभी सीधे नहीं बताई,‎उसके आधार पर आपने मेरे बारे में क्या-क्या ‎अनुमान लगाया है? यह भी बताइए कि‎ आपको ये संकेत कहां से मिले।‎ 2. बताएं मैं उन चीजों को कैसे संभालूंगा,‎ जिनके बारे में मैंने आपको कभी नहीं बताया‎ जैसे कि पैसा, तनाव, संघर्ष, जोखिम और वह‎ निर्णय जो मैं अपने जीवन में आगे लेने वाला हूं।‎ 3. मेरे व्यक्तित्व के ऐसे कौन-से पहलू हैं, ‎जिन्हें शायद मैं खुद नहीं देख पाता? मेरी‎ असुरक्षाओं और दूसरों पर पड़ने वाले‎ प्रभाव के बारे में भी बताइए।‎ 4. मेरे बारे में आपने ऐसी कौन-सी संवेदनशील‎या निजी बातें अनुमानित की हैं, जिन्हें मैं‎ सार्वजनिक रूप से साझा नहीं करना चाहूंगा?‎ क्या जान रहे हैं चैटबॉट्स?‎ आय और आर्थिक स्थिति - खरीदारी,‎वाहन या अन्य सवालों के आधार पर आपकी‎ आर्थिक स्थिति का अंदाजा लगा लेते हैं।‎ स्वास्थ्य संबंधी समस्याएं - इलाज या ‎स्वास्थ्य से जुड़े सवालों से पुरानी या मौजूदा‎ दिक्कतों का अनुमान लगा लेते हैं।‎ व्यक्तित्व और व्यवहार - आपके सवाल ‎पूछने के तरीके से संदेह, नियंत्रण पसंद करने‎ जैसी प्रवृत्तियों का निष्कर्ष निकाल लेते हैं।‎ जीवन शैली और व्यवहार -: बातचीत के ‎पैटर्न से जीवनशैली, व्यवहार और सोच से जुड़े पैटर्न का अनुमान लगा लेते हैं।‎

दैनिक भास्कर 28 Jul 2026 12:19 pm

नई गाड़ियों में V2V सिस्टम का ड्राफ्ट नियम जारी:गाड़ियां आपस में करेंगी बात, अंधे मोड़ पर भी पहले ही मिलेगा अलर्ट

कल्पना कीजिए, आपकी कार ऐसे अंधे मोड़ पर पहुंचने वाली है, जहां सामने से आ रहा वाहन दिखाई नहीं दे रहा। तभी गाड़ी संभावित टक्कर का अलर्ट दे दे। केंद्र सरकार सड़क सुरक्षा के लिए ऐसी तकनीक नई गाड़ियों में अनिवार्य बनाने की तैयारी में है। केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय ने मोटर वाहन नियम, 1989 में संशोधन का ड्राफ्ट जारी किया है। इसमें 1 अक्टूबर 2028 से बनने वाले वाहनों में व्हीकल-टू-व्हीकल (V2V) कम्युनिकेशन सिस्टम अनिवार्य करने का प्रस्ताव है। यह बदलाव एल (टू-व्हीलर, ई-स्कूटर, ऑटो-रिक्शा), एम (कार, एसयूवी, टैक्सी, यात्री बस) व एन (पिकअप, ट्रक, अन्य मालवाहक वाहन) कैटेगरी के वाहनों पर लागू करने का प्रस्ताव है। 1 अक्टूबर 2027 से जिन वाहनों में ये सिस्टम होगा, उन्हें AIS-230 मानक का पालन करना होगा। इस ड्राफ्ट पर 23 अगस्त तक सुझाव और आपत्तियां दे सकते हैं। क्या है तकनीक, कैसे बदलेगी ड्राइविंग? 1. व्हीकल-टू-व्हीकल तकनीक क्या है?व्हीकल-टू-व्हीकल (V2V) एक वायरलेस संचार प्रणाली है। इसमें सड़क पर चल रहे वाहन आपस में अपनी लोकेशन, रफ्तार, दिशा और ब्रेक जैसी जानकारियां साझा करते हैं। इससे वाहन एक-दूसरे की मौजूदगी का पहले से अनुमान लगा सकते हैं। 2. वाहनों में यह तकनीक कैसे काम करेगी?हर V2V वाहन लगातार बेसिक सेफ्टी मैसेज (BSM) भेजेगा। आसपास के वाहन इन्हें रिसीव कर संभावित टक्कर का आकलन करेंगे। खतरा होने पर चालक को तुरंत अलर्ट मिलेगा। कुछ एडवांस गाड़ियों में सिस्टम स्वत: इमरजेंसी ब्रेक भी लगा सकेगा। 3. सबसे बड़ा फायदा क्या, कब से लागू?अंधे मोड़, चौराहों, धुंध, बड़े ट्रक के पीछे छिपे वाहन या अचानक ब्रेक जैसी स्थितियों में पहले से चेतावनी मिलेगी। इस तकनीक के लगने से गाड़ियों में पीछे से टक्कर, चौराहों और ब्लाइंड स्पॉट से जुड़े हादसे कम हो सकते हैं। 1 अक्टूबर 2028 से बनने वाले सभी वाहनों में यह सिस्टम अनिवार्य करने का प्रस्ताव है। 4. इसे लेकर क्या चुनौतियां और आशंकाएं हैं?तकनीक विशेषज्ञों के अनुसार, वायरलेस संचार आधारित इस प्रणाली के साथ साइबर सुरक्षा, डेटा चोरी और लोकेशन ट्रैकिंग जैसी चुनौतियां भी होंगी। इसलिए इसे लागू करते समय मजबूत डेटा सुरक्षा और साइबर सुरक्षा मानकों की भी जरूरत होगी। ---------------- ये खबर भी पढ़ें... मारुति की कारें अगस्त से ₹30,000 तक महंगी हो जाएंगी: 2 महीने में दूसरी बार कीमतें बढ़ाईं देश की सबसे बड़ी पैसेंजर वाहन निर्माता कंपनी मारुति सुजुकी ने अपने सभी मॉडल्स की कीमतों में बढ़ोत्तरी का ऐलान किया है। कंपनी अपनी कारों के दाम 30,000 रुपए तक बढ़ाएगी। नई कीमतें अगस्त 2026 से लागू होंगी। पूरी खबर पढ़ें…

दैनिक भास्कर 28 Jul 2026 3:34 am

पिक्सल 11 सीरीज के दाम बढ़ाएगी गूगल:रैम की कमी से बढ़ी प्रॉडक्शन लागत, मौजूदा पिक्सल फोन भी होंगे महंगे; 12 अगस्त को लॉन्चिंग

गूगल अपने नए जनरेशन के स्मार्टफोन्स 'पिक्सल 11' सीरीज को 12 अगस्त 2026 को लॉन्च करेगा। लेकिन इस बार पिक्सल 11 खरीदने के लिए ग्राहकों को ज्यादा पैसे देने पड़ सकते हैं। कंपोनेंट्स की बढ़ती कीमतों और सप्लाई चेन की दिक्कतों की वजह से गूगल ने पिक्सल 11 सीरीज समेत पिक्सल इकोसिस्टम के प्रोडक्ट्स के दाम बढ़ाने का फैसला किया है। गूगल वीपी बोले- रैम संकट से बढ़ी लागत गूगल के डिवाइस और सर्विसेज के वाइस प्रेसिडेंट शकील बरकत ने पिक्सल फोन्स के दामों में बढ़ोतरी की पुष्टि की है। उन्होंने कहा कि हार्डवेयर बिजनेस पर रैम मेमोरी क्राइसिस का असर पड़ा है। रैम की कीमतों में इस तरह का उछाल पहले कभी नहीं देखा गया। पूरी इंडस्ट्री इससे जूझ रही है। 1 GB रैम की कीमत 4 गुना बढ़ी गूगल के मुताबिक, सप्लायर्स की तरफ से कंपोनेंट्स की लागत कई गुना बढ़ चुकी है। साल 2025 में 1 GB रैम की कीमत लगभग 2.80 डॉलर यानी करीब ₹235 थी। अब वही रैम 12 डॉलर यानी करीब ₹1,000 में मिल रही है। यानी रैम की लागत 4 गुना से भी ज्यादा बढ़ गई है। शकील बरकत ने बताया कि गूगल ने लंबे समय तक बढ़ती लागत का बोझ खुद उठाकर यूजर्स को सप्लाई चेन की दिक्कतों से बचाकर रखा। लेकिन अब बढ़ते खर्चों को झेलना संभव नहीं रह गया है। पिक्सल 11 प्रो में 16GB की जगह 12GB रैम संभव रिपोर्ट्स के मुताबिक, बढ़ती लागत को कंट्रोल करने के लिए गूगल कुछ कड़े बदलाव कर सकता है: पिक्सल वॉच और पुराने पिक्सल फोन भी महंगे होंगे यह बढ़ोतरी सिर्फ आने वाली पिक्सल 11 सीरीज तक ही सीमित नहीं रहेगी। गूगल का कहना है कि पूरे 'पिक्सल परिवार' में यह प्राइस एडजस्टमेंट होगा। इसमें पिक्सल वॉच भी शामिल है।

दैनिक भास्कर 27 Jul 2026 1:25 pm

होंडा ZR-V भारत में लॉन्च, शुरुआती कीमत ₹48 लाख:फ्लैगशिप SUV में स्ट्रॉन्ग-हाइब्रिड इंजन के साथ 22.8kmpl का माइलेज, लेवल-2 ADAS जैसे सेफ्टी फीचर्स

होंडा इंडिया ने अपनी नई फ्लैगशिप क्रॉसओवर SUV होंडा ZR-V भारत में लॉन्च कर दी है। यह भारत में होंडा के पोर्टफोलियो की सबसे प्रीमियम और महंगी SUV है। इसे जापान से सीधे कंपलीट्ली बिल्ट यूनिट (यानी पूरी तरह से बनी बनाई) के रूप में इंपोर्ट किया जाएगा। प्रीमियम SUV की सबसे बड़ी खासियत इसमें दिया गया 2.0-लीटर स्ट्रॉन्ग-हाइब्रिड पेट्रोल इंजन और 22.8kmpl का शानदार माइलेज है। भारतीय बाजार में इसका मुकाबला स्कोडा कोडियाक, वॉक्सवैगन टाइरॉन और टिगुआन जैसी प्रीमियम गाड़ियों से होगा। एक्स-शोरूम कीमत ₹48 लाख होंडा ZR-V को भारत में सिर्फ एक वैरिएंट में पेश किया गया है। इसकी एक्स-शोरूम कीमत ₹48 लाख है। कार की बुकिंग शुरू कर दी गई है। जापान से इंपोर्ट होने के कारण इसकी लिमिटेड यूनिट ही अवेलेबल होगी। एक्सटीरियर: स्लीक LED लाइट्स और 18-इंच अलॉय व्हील्स होंडा ने अपनी पारंपरिक SUV डिजाइन के मुकाबले ZR-V को एक एडवांस और स्पॉटी क्रॉसओवर लुक दिया है। इंटीरियर: ऑल-ब्लैक थीम, लेदरेट सीट्स और प्रीमियम कंट्रोल कार के केबिन को काफी प्रीमियम और ड्राइवर-फ्रेंडली बनाया गया है। कम्फर्ट फीचर्स: 12-स्पीकर बोस साउंड सिस्टम और डिजिटल डिस्प्ले होंडा ZR-V में कई हाई-टेक और कम्फर्ट फीचर्स दिए गए हैं। इसमें 9-इंच का फ्रीस्टैंडिंग टचस्क्रीन इन्फोटेनमेंट सिस्टम, 10.25-इंच का डिजिटल ड्राइवर डिस्प्ले, वायरलेस एंड्रॉइड ऑटो और एप्पल कारप्ले का सपोर्ट शामिल है। इसके अलावा, 12-स्पीकर वाला बोस प्रीमियम ऑडियो सिस्टम, डुअल-जोन क्लाइमेट कंट्रोल, 8-वे पावर एडजस्टेबल ड्राइवर सीट (मेमोरी फंक्शन के साथ), 4-वे पावर पैसेंजर सीट, वायरलेस चार्जर, जेस्चर कंट्रोल के साथ इलेक्ट्रिक टेलगेट और एम्बिएंट लाइटिंग। हालांकि, लग्जरी कार में पैनोरमिक सनरूफ, वेंटिलेटेड (कूल/हीटेड) और मसाज सीट्स जैसे फीचर्स नहीं दिए गए हैं। परफॉर्मेंस और माइलेज: 184hp पावर और 22.8kmpl का माइलेज इस सेगमेंट में होंडा ZR-V इकलौती SUV है जो स्ट्रॉन्ग-हाइब्रिड तकनीक के साथ आती है: सेफ्टी फीचर्स: 8 एयरबैग्स और लेवल-2 ADAS सेफ्टी तकनीक सुरक्षा के मामले में इस कार में एडवांस्ड सेफ्टी फीचर्स दिए गए हैं। इसमें होंडा सेसिंग यानी लेवल-2 ADAS तकनीक मिलती है। इसके अलावा, 8 एयरबैग्स, 360-डिग्री पार्किंग कैमरा, टायर प्रेशर मॉनिटरिंग सिस्टम, हिल-स्टार्ट व हिल-डिसेंट असिस्ट, ट्रैक्शन कंट्रोल और ISOFIX चाइल्ड-सीट माउंट्स दिए गए हैं।

दैनिक भास्कर 25 Jul 2026 6:47 pm

ओप्पो F33 प्रो रिव्यू:लंबी बैटरी बैकअप चाहने वालों के लिए अच्छा ऑप्शन, 50MP सेल्फी कैमरा, लेकिन 4K वीडियो नहीं

ऑफलाइन स्मार्टफोन मार्केट में ओप्पो की F सीरीज हमेशा से सबसे ज्यादा बिकने वाली सीरीज रही है। अब, कंपनी ने नया स्मार्टफोन ओप्पो F33 प्रो 5G लॉन्च किया है। नया स्मार्टफोन कैसा है और क्या आपको इसे खरीदना चाहिए चलिए जानते हैं... डिजाइन: IP69K की वाटरप्रूफ रेटिंग और 360-डिग्री आर्मर प्रोटेक्शन सबसे पहले लुक की बात करें, तो मेरे पास यह 'पैशन रेड' कलर है जो देखने में काफी प्रीमियम लगता है। इसके अलावा यह स्टारी ब्लू और मिस्टी फॉरेस्ट कलर में भी आता है। इसका बैक और फ्रेम प्लास्टिक का है, लेकिन पीछे मैट फिनिश होने की वजह से इन-हैंड फील बहुत अच्छा है। इसका कैमरा मॉड्यूल पूरी तरह फ्लैट है। फोन का वजन 200 ग्राम से कम है और थिकनेस 8.5mm के अंदर है, यानी हाथ में साइज एकदम परफेक्ट बैठता है। मजबूती के मामले में ओप्पो ने इसमें IP69K की टॉप वाटरप्रूफ रेटिंग और 360-डिग्री आर्मर प्रोटेक्शन दी है, यानी पानी और गिरने की टेंशन खत्म! साथ ही, इसमें बढ़िया स्टीरियो स्पीकर्स और फास्ट इन-डिस्प्ले फिंगरप्रिंट सेंसर भी है। डिस्प्ले: 6.59 इंच का 120 हर्ट्ज वाला एमोलेड डिस्प्ले डिस्प्ले की बात करें तो यहां 6.59 इंच का 120 हर्ट्ज वाला एमोलेड फ्लैट डिस्प्ले दिया गया है। 1400 निट्स की पीक ब्राइटनेस है, तो धूप में विजिबिलिटी की कोई दिक्कत नहीं होगी। बेजल्स बहुत पतले और सिमिट्रिकल हैं, जिससे वीडियो देखने में मजा आता है। परफॉर्मेंस: मीडियाटेक डायेमेंसिटी 6360 मैक्स प्रोसेसर फोन में मीडियाटेक डायेमेंसिटी 6360 मैक्स प्रोसेसर है और यह एंड्रॉएड 16 पर बेस्ड कलर OS 16 पर चलता है। इसका एनतुतु स्कोर 6 से 7 लाख के बीच आता है। स्कोर भले ही एवरेज हो, लेकिन ओप्पो का डेली ऑप्टिमाइजेशन बहुत स्मूथ है। ऐप्स फटाफट खुलते हैं और डेली यूज में कोई लैग नहीं मिलता। गेमिंग की बात करें, तो BGMI जैसे गेम्स में बिना किसी हीटिंग इशू के 60fps पर आराम से खेल सकते हैं। कैमरा: 50 मेगापिक्सल का मेन और 2 मेगापिक्सल का डेप्थ कैमरा कैमरा सेटअप की बात करें तो पीछे 50 मेगापिक्सल का मेन और 2 मेगापिक्सल का डेप्थ कैमरा है। लेकिन इसमें OIS यानी ऑप्टिकल इमेज स्टेबलाइजेशन नहीं है। इसका मतलब है कि लो-लाइट या रात में फोटो खींचते वक्त अगर आपका हाथ जरा सा भी हिला, तो फोटो ब्लर आएगी। दिन में कलर्स और स्किन टोन अच्छे हैं, पर डिटेल्स थोड़ी कम लगती हैं। वीडियो में भी डाउनग्रेड है, आप फ्रंट और बैक दोनों से सिर्फ 1080p वीडियो ही रिकॉर्ड कर सकते हैं, जबकि पिछले मॉडल में 4K था। हालांकि, इसका 50 मेगापिक्सल का फ्रंट सेल्फी कैमरा जबरदस्त है! इसमें ऑटो-फोकस का सपोर्ट है और सेल्फीज बहुत क्रिस्प आती हैं। साथ ही, कैमरे में ऑब्जेक्ट इरेजर जैसे काम के AI फीचर्स भी दिए गए हैं। बैटरी: 7000mAh बैटरी के साथ 80W की फास्ट चार्जिंग पावरबैकअप के लिए इसमें 7000mAh की बैटरी दी गई है। इसके साथ बॉक्स में आपको 80W की फास्ट चार्जिंग मिलती है। फोन 6nm प्रोसेसर होने के कारण यह बहुत कम बैटरी खाता है, जिससे आपको आराम से डेढ़ से दो दिन का बैकअप मिल जाएगा। प्राइस और फाइनल वर्डिक्ट फोन दो वैरिएंट में आता है। इसके 8GB रैम + 128GB स्टोरेज की कीमत 37,999 रुपए और 8GB रैम + 256GB स्टोरेज की कीमत 40,999 है। अगर आपकी टॉप प्रायोरिटी लुक्स, स्लिम डिजाइन और लंबी बैटरी है, तो इसे खरीद सकते हैं। लेकिन आपका फोकस बेस्ट रियर कैमरा और 4K वीडियो रिकॉर्डिंग है, तो आप दूसरे ऑप्शंस देख सकते हैं।

दैनिक भास्कर 25 Jul 2026 6:01 pm

एपल की नई सिरी करेगी चैटजीपीटी जैसे कई काम:स्क्रीन देखकर समझेगी आपकी जरूरत; जानिए किन आईफोन मॉडल्स में मिलेंगे नए फीचर्स

एआई की दौड़ में अब एपल भी पूरी ताकत से उतरने जा रहा है। iOS 27 के साथ आने वाली नई सिरी पहले से कहीं ज्यादा स्मार्ट होगी। अब वह सिर्फ अलार्म लगाने या मौसम बताने तक सीमित नहीं रहेगी, बल्कि आपकी ई-मेल, मैसेज, फोटो, नोट्स और कैलेंडर को समझकर निजी सहायक की तरह काम करेगी। एपल का दावा है कि नई सिरी का मुकाबला सीधे चैटजीपीटी और जेमिनी जैसे एआई चैटबॉट्स से होगा। ये बदलाव होंगे 1. आपकी पूरी डिजिटल जिंदगी समझेगी - नई सिरी मैसेजेस, मेल, फोटोज और कैलेंडर जैसे एपल एप्स से जानकारी लेकर आपके सवालों का जवाब दे सकेगी। उदाहरण के लिए, पिछले हफ्ते लंच की फोटो दिखाओ। अगली फ्लाइट कब है? किसे कौन-सा डॉक्यूमेंट भेजना है? यानी सिरी सिर्फ कमांड नहीं मानेगी, बल्कि आपके संदर्भ को भी समझेगी। 2. स्क्रीन पर क्या चल रहा है, यह भी देखेगी - अगर आप यूट्यूब पर कोई रेसिपी देख रहे हैं, तो सिरी उससे सामग्री पहचानकर नोट्स में सेव कर सकती है। 3. चैटजीपीटी जैसा इंटरफेस - एपल पहली बार सिरी के लिए अलग चैट इंटरफेस दे रहा है। इसमें बातचीत का इतिहास रहेगा। एआई से बनाई गई फाइलें मिलेंगी। सभी चैट आईक्लाउड के जरिए दूसरे एपल डिवाइस पर भी उपलब्ध होंगी। 4. प्राइवेसी पर भी जोर - एपल का कहना है कि भारी एआई प्रोसेसिंग प्राइवेट क्लाउड कम्प्यूट पर होगी। डेटा एन्क्रिप्टेड रहेगा। इससे निजी जानकारी सुरक्षित रहेगी। एआई इस्तेमाल करते समय भी गोपनीयता बनी रहेगी। 5. किन आईफोन में मिलेगी एआई सिरी - नई सिरी सिर्फ एपल इंटेलिजेंस वाले आईफोन पर चलेगी। जैसे- iPhone 15 Pro, iPhone 15 Pro Max, iPhone 16 सीरीज, iPhone 17 सीरीज। हालांकि आईओएस-27 पुराने आईफोन 11 तक मिलेगा, लेकिन एआई फीचर नहीं मिलेंगे। आईफोन-18 पर कब स्विच करें? सिर्फ एआई सिरी चाहिए, तो नहीं। आईफोन-16 और 17 में भी लगभग पूरा एआई अनुभव मिलेगा। लेकिन आईफोन 18 प्रो में बेहतर कैमरा, ज्यादा रैम और नई 2nm चिप मिलेगी। आईफोन-18 की कीमत भारत में 1 लाख रु. से शुरू होने का अनुमान है। इसलिए सिर्फ सिरी के लिए नया फोन खरीदना जरूरी नहीं है।

दैनिक भास्कर 25 Jul 2026 5:08 pm

नेटवर्क गया तो भी नहीं रुकेगी UPI:फोन से ऑफलाइन पेमेंट की तैयारी, एनएफसी के जरिए बिना नेटवर्क चलेगा भुगतान

भारतीय राष्ट्रीय भुगतान निगम एक ऐसे फीचर पर काम कर रहा है, जिसकी मदद से मोबाइल नेटवर्क या इंटरनेट न होने पर भी NFC (नियर फील्ड कम्युनिकेशन) तकनीक से भुगतान किया जा सकेगा। इसका फायदा फ्लाइट, मेट्रो, सुरंगों या कमजोर नेटवर्क वाले इलाकों में मिलेगा। रिपोर्ट के मुताबिक एनपीसीआई इस साल PoS डिवाइस बनाने वाली कंपनियों को प्रमाणित करना शुरू कर सकता है। इसके बाद चरणबद्ध तरीके से यह सुविधा शुरू होने की संभावना है। इन सवालों से समझें कैसे काम करेगा इस तरह से काम करेगा नई सुविधा में यूजर को पहले इंटरनेट के जरिए यूपीआई लाइट वॉलेट में पैसे जोड़ने होंगे। इसके बाद जहां इंटरनेट उपलब्ध नहीं होगा, वहां एनएफसी की मदद से मोबाइल को व्यापारी के PoS मशीन के पास ले जाकर भुगतान किया जा सकेगा। एक ट्रांजैक्शन की सीमा 2,000 रुपए तक हो सकती है। इस दौरान यूपीआई पिन डालने की जरूरत भी नहीं होगी। अभी ऑफलाइन यूपीआई कैसे चलता है? बिना इंटरनेट भुगतान की सुविधा पहले से मौजूद है, पर उसमें किसी न किसी नेटवर्क की जरूरत पड़ती है। 1. 99# सेवा {GSM नेटवर्क पर चलती है। इंटरनेट की जरूरत नहीं। किसी भी फोन पर चल सकती है। अधिकतम 5,000 रु. का भुगतान। UPI 123Pay {फीचर फोन यूजर्स के लिए। कॉल करके भुगतान। मोबाइल नेटवर्क जरूरी है। क्या आपका फोन इस फीचर के लिए तैयार है? फोन में इस सुविधा का इस्तेमाल करने के लिए - एनएफसी सपोर्ट होना चाहिए। - यूपीआई लाइट सक्रिय होना चाहिए। - व्यापारी के पास एनएफसी सपोर्ट वाला PoS टर्मिनल होना चाहिए। - भुगतान से पहले UPI Lite में बैलेंस लोड करना होगा।

दैनिक भास्कर 25 Jul 2026 4:47 pm

दुनिया के सबसे ताकतवर रॉकेट का टेस्ट कामयाब:पानी में पहली बार सुरक्षित लैंडिंग, अंतरिक्ष में 20 सैटेलाइट भी तैनात किए, मस्क की कंपनी का मिशन

दुनिया के सबसे ताकतवर रॉकेट स्टारशिप की 13वीं टेस्ट उड़ान कामयाब रही। इस मिशन में स्टारशिप के अपर स्टेज ने हिंद महासागर में लैंड किया, जबकि इसके बूस्टर ने मैक्सिको की खाड़ी में लैंडिंग की। पिछले हफ्ते इंजन इग्निशन में खराबी के कारण इसकी लॉन्चिंग टाल दी गई थी। दुनिया के सबसे अमीर कारोबारी इलॉन मस्क की कंपनी स्पेसएक्स ने इस रॉकेट को बनाया है। स्टारशिप स्पेसक्राफ्ट (ऊपरी हिस्सा) और सुपर हैवी बूस्टर (निचला हिस्सा) को कलेक्टिवली 'स्टारशिप' कहा जाता है। इस व्हीकल की ऊंचाई 403 फीट है। ये पूरी तरह से रीयूजेबल है। स्टारशिप ने टेक्सास के दक्षिणी छोर पर स्थित ‘स्टारबेस’ से भारतीय समय के अनुसार सुबह करीब 4 बजे उड़ान भरी थी। ये टेस्ट 1 घंटे 3 मिनट का था। इस टेस्ट की सफलता स्पेसएक्स और नासा दोनों के लिए बेहद जरूरी थी। अगले साल नासा की मून लैंडिंग इसी पर निर्भर है। पहली बार पानी में सुरक्षित तैरता दिखा स्टारशिप स्पेसएक्स के प्रवक्ता डैन हुओट ने लाइव स्ट्रीम के दौरान कहा कि यह पहली बार है जब हमने पूरे स्टारशिप को सुरक्षित पानी में उतारा। लैंडिंग के दौरान स्टारशिप अपनी 'बेली-फ्लॉप' स्थिति से सीधा हुआ और पानी पर लंबवत उतरा। इसके बाद यह धीरे-धीरे एक तरफ झुककर समुद्र में तैरने लगा। पहली बार असली स्टारलिंक V3 सैटेलाइट्स की तैनाती इस मिशन में स्टारशिप ने पहली बार नए वर्जन के 20 स्टारलिंक V3 सैटेलाइट्स को अंतरिक्ष में तैनात किया। स्पेसएक्स ने पुष्टि की कि उसने सभी 20 टेस्ट सैटेलाइट्स से संपर्क स्थापित कर लिया है। ये सैटेलाइट्स सबऑर्बिटल ट्रैजेक्टरी पर थे और इन्हें स्थायी रूप से अंतरिक्ष में रहने के लिए डिजाइन नहीं किया गया था। तैनात होने के लगभग 20 मिनट बाद ये पृथ्वी के वायुमंडल में जलकर नष्ट हो गए। सुपर हैवी बूस्टर और 'हॉट स्टेजिंग' में सुधार लॉन्च के समय सुपर हैवी बूस्टर के सभी 33 रैप्टर इंजनों ने उड़ान भरी, जिससे 1.8 करोड़ पाउंड का थ्रस्ट पैदा हुआ। स्पेसएक्स के स्टारशिप लॉन्च के सीनियर डायरेक्टर जस्टिन स्टेयर के मुताबिक, यह दुनिया की सबसे बड़ी मशीन गन की तरह है जो गोलियों की जगह हर सेकंड 11 पिकअप ट्रक फायर कर रही हो। उड़ान के 2 मिनट बाद मेन इंजन कटऑफ (MECO) के बाद 'हॉट स्टेजिंग' के जरिए स्टारशिप बूस्टर से अलग हुआ। मई में हुई पिछली उड़ान में सभी 6 इंजन एक साथ चालू न होने से बूस्टर उल्टा घूम गया था, जिसे इस बार सुधार लिया गया था। अलग होने के बाद बूस्टर ने 13 इंजनों का इस्तेमाल करके बूस्टबैक बर्न किया। लैंडिंग के समय इसकी स्पीड थोड़ी ज्यादा थी और सभी 13 इंजन चालू नहीं हो पाए, फिर भी इसने खाड़ी में एक नियंत्रित लैंडिंग की। अब स्टारशिप के पहले हुए 11 टेस्ट के बारे में जानें…. 12वां टेस्ट: इंजन फेल होने के बाद भी हिंद महासागर में लैंडिंग 'स्टारशिप' का 12वां टेस्ट सफलताओं और नाकामियों का मिला-जुला सफर रहा था। इसमें स्टारशिप के नए और बड़े वर्जन (V3) का इस्तेमाल पहली बार किया गया था। टेक्सास के दक्षिणी छोर पर स्थित 'स्टारबेस' लॉन्चिंग पैड से उड़ान भरने के बाद इंजन में खराबी आ गई। इस कारण रॉकेट के नष्ट होने का खतरा मंडरा रहा था। इसके बावजूद लगभग एक घंटे बाद स्टारशिप स्पेसक्राफ्ट हिंद महासागर में सुरक्षित लैंड करने में कामयाब रहा। इस टेस्ट को भारतीय समय के अनुसार 23 मई की सुबह लॉन्च किया गया। 11वां टेस्ट: पहली बार आठ डमी सैटेलाइट अंतरिक्ष में छोड़े स्टारशिप का 11वां टेस्ट 14 अक्टूबर 2025 को सुबह 5:00 बजे टेक्सास के बोका चिका से किया गया था। ये टेस्ट 1 घंटे 6 मिनट का था, जिसमें सुपर हैवी बूस्टर की अमेरिका की खाड़ी में वॉटर लैंडिंग कराई गई। वहीं स्टारशिप की हिंद महासागर में वॉटर लैंडिंग कराई गई। इस फ्लाइट का मकसद भविष्य में रॉकेट को उड़ान भरने वाली जगह पर वापस लाने से जुड़े टेस्ट करना था। 10वां टेस्ट: पहली बार आठ डमी सैटेलाइट अंतरिक्ष में छोड़े स्टारशिप का 10वां टेस्ट 27 अगस्त 2025 को किया गया था, जो कामयाब रहा था। रॉकेट को सुबह 5:00 बजे टेक्सास के बोका चिका से लॉन्च किया गया। ये टेस्ट 1 घंटे 6 मिनट का था। इस मिशन में स्टारलिंक सिम्युलेटर सैटेलाइट को अंतरिक्ष में छोड़ने से लेकर इंजन चालू करने जैसे सभी ऑब्जेक्टिव पूरे हुए। स्टारलिंक सिम्युलेटर सैटेलाइट असली स्टारलिंक सैटेलाइट्स के डमी हैं। इनका इस्तेमाल स्टारशिप की सैटेलाइट डिप्लॉयमेंट क्षमता को परखने के लिए किया जाता है। 29 जून स्टारशिप में ब्लास्ट हो गया था इससे पहले ये टेस्ट 29 जून 2025 को होना था, लेकिन स्टैटिक फायर टेस्ट के दौरान स्टारशिप में ब्लास्ट हो गया था। इस टेस्ट में रॉकेट को जमीन पर रखकर उसके इंजन को चालू किया जाता है, ताकि लॉन्च से पहले सब कुछ ठीक हो, ये चेक किया जा सके। टेस्ट के दौरान रॉकेट के ऊपरी हिस्से में अचानक विस्फोट शुरू हुआ। देखते ही देखते पूरा रॉकेट आग के गोले में बदल गया था। नौवां टेस्ट: बूस्टर लैंड हो गया था, लेकिन शिप ने कंट्रोल खो दिया 28 मई 2025 को हुए 9वें टेस्ट में लॉन्चिंग के करीब 30 मिनट बाद स्टारशिप ने कंट्रोल खो दिया था, जिस कारण पृथ्वी के वातावरण में एंटर करने पर ये नष्ट हो गया था। ये लगातार तीसरी बार था जब स्टारशिप आसमान में ही नष्ट हुआ था। हालांकि, बूस्टर ने अमेरिका की खाड़ी में हार्ड लैंडिंग की। आठवां टेस्ट: बूस्टर लैंड हो गया था, लेकिन शिप ब्लास्ट हो गई थी स्टारशिप का आठवां टेस्ट भारतीय समयानुसार 7 मार्च 2025 को हुआ था। लॉन्चिंग के 7 मिनट बाद बूस्टर (निचला हिस्सा) अलग होकर वापस लॉन्च पैड पर आ गया। लेकिन 8 मिनट बाद शिप (ऊपरी हिस्सा) के छह इंजनों में से 4 ने काम करना बंद कर दिया जिससे शिप ने कंट्रोल खो दिया। इसके बाद ऑटोमेटेड अबॉर्ट सिस्टम ने शिप को ब्लास्ट कर दिया। गिरते मलबे की वजह से मियामी, ऑरलैंडो, पाम बीच और फोर्ट लॉडरडेल के हवाई अड्डों पर उड़ानें प्रभावित हुईं थी। सातवां टेस्ट: बूस्टर वापस आया; लेकिन स्पेसक्राफ्ट आसमान में ही ब्लास्ट हुआ 17 जनवरी 2025 को भी स्टारशिप का सातवां टेस्ट पूरी तरह से कामयाब नहीं रहा था। लॉन्चिंग के 8 मिनट बाद बूस्टर (निचला हिस्सा) अलग होकर वापस लॉन्च पैड पर आ गया था, लेकिन शिप (ऊपरी हिस्सा) में ऑक्सीजन लीक से ब्लास्ट हो गया था। छठा टेस्ट: लॉन्चपैड पर उतरने में दिक्कत दिखी तो पानी पर लैंड कराया, ट्रम्प भी मौजूद रहे स्टारशिप का छठा टेस्ट 20 नवंबर 2024 को सुबह 03:30 बजे किया गया था। अमेरिका के नवनिर्वाचित राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प भी टेस्ट देखने के लिए स्टारबेस पहुंचे थे। इस टेस्ट में बूस्टर को लॉन्च करने के बाद वापस लॉन्चपैड पर कैच किया जाना था, लेकिन सभी पैरामीटर ठीक नहीं होने के कारण इसे पानी में लैंड कराने का फैसला लिया गया। स्टारशिप के इंजन को स्पेस में फिर से चालू किया गया। इसके बाद हिंद महासागर में लैंडिंग हुई। पांचवां टेस्ट: पहली बार बूस्टर को लॉन्चपैड पर कैच किया था स्टारशिप का पांचवां टेस्ट 13 अक्टूबर 2024 को किया गया था। इस टेस्ट में पृथ्वी से 96 Km ऊपर भेजे गए सुपर हैवी बूस्टर को लॉन्चपैड पर वापस लाया गया, जिसे मैकेजिला ने पकड़ा। मैकेजिला दो मेटल आर्म हैं जो चॉपस्टिक्स की तरह दिखाई देती हैं। वहीं स्टारशिप की पृथ्वी के वायुमंडल में री-एंट्री कराकर हिंद महासागर में कंट्रोल्ड लैंडिंग कराई गई। स्टारशिप ने जब पृथ्वी के वातावरण में एंट्री की तब उसकी रफ्तार 26,000 किलोमीटर प्रति घंटे थी और तापमान 1,430C तक पहुंच गया था। चौथा टेस्ट: स्टारशिप को स्पेस में ले जाया गया, फिर पानी में लैंडिंग हुई स्टारशिप का चौथा टेस्ट 6 जून 2024 को हुआ था, जो सक्सेसफुल रहा था। 1.05 घंटे के इस मिशन को बोका चिका से शाम 6.20 बजे लॉन्च किया गया था। इसमें स्टारशिप को स्पेस में ले जाया गया, फिर पृथ्वी पर वापस लाकर पानी पर लैंड कराया गया। टेस्ट का मेन गोल यह देखना था कि स्टारशिप पृथ्वी के वातावरण में एंट्री के दौरान सर्वाइव कर पाता है या नहीं। टेस्ट के बाद कंपनी के मालिक इलॉन मस्क ने कहा था, 'कई टाइल्स के नुकसान और एक डैमेज्ड फ्लैप के बावजूद स्टारशिप ने समुद्र में सॉफ्ट लैंडिंग की।' तीसरा टेस्ट: रीएंट्री के बाद स्टारशिप से संपर्क टूटा था ये टेस्ट 14 मार्च 2024 को हुआ था। स्पेसएक्स ने बताया था कि स्टारशिप रीएंट्री के दौरान सर्वाइव नहीं कर पाया, लेकिन उसने उड़ान के दौरान कई महत्वपूर्ण उपलब्धियां हासिल कीं। वहीं इलॉन मस्क ने कहा कि उन्हें उम्मीद है कि इस साल आधा दर्जन स्टारशिप उड़ान भरेंगे। दूसरा टेस्ट: स्टेज सेपरेशन के बाद खराबी आ गई थी स्टारशिप का दूसरा टेस्ट 18 नवंबर 2023 को शाम करीब 6:30 बजे किया गया था। लॉन्चिंग के करीब 2.4 मिनट बाद सुपर हैवी बूस्टर और स्टारशिप का सेपरेशन हुआ। बूस्टर को वापस पृथ्वी पर लैंड होना था, लेकिन 3.2 मिनट बाद 90 Km ऊपर यह फट गया। वहीं स्टारशिप तय प्लान के अनुसार आगे बढ़ गया। करीब 8 मिनट बाद पृथ्वी से 148 Km ऊपर स्टारशिप में भी खराबी आ गई, जिस कारण उसे नष्ट करना पड़ा। फ्लाइट टर्मिनेशन सिस्टम के जरिए इसे नष्ट किया गया था। दूसरे टेस्ट में रॉकेट और स्टारशिप को अलग करने के लिए पहली बार हॉट स्टैगिंग प्रोसेस का इस्तेमाल किया गया था, जो पूरी तरह सक्सेसफुल रही थी। सभी 33 रैप्टर इंजनों ने भी लॉन्च से सेपरेशन तक ठीक से फायर किया था। पहला टेस्ट: लॉन्चिंग के 4 मिनट बाद विस्फोट हो गया था 20 अप्रैल 2023 को स्टारशिप का पहला ऑर्बिटल टेस्ट किया गया था। इस टेस्ट में बूस्टर 7 और शिप 24 को लॉन्च किया गया था। उड़ान भरने के 4 मिनट बाद ही मेक्सिको की खाड़ी के पास 30 किलोमीटर ऊपर स्टारशिप में विस्फोट हो गया था। स्टारशिप के फेल होने के बाद भी इलॉनमस्क और एम्प्लॉइज खुशी मना रहे थे। ऐसा इसलिए क्योंकि रॉकेट का लॉन्च पैड से उड़ना ही बड़ी सफलता थी। मस्क ने लॉन्चिंग से दो दिन पहले कहा था- सफलता शायद मिले, लेकिन एक्साइटमेंट की गारंटी है। स्पेसएक्स ने कहा था- सेपरेशन स्टेज से पहले ही इसका एक हिस्सा अचानक अलग हो गया, जबकि यह तय नहीं था। इस तरह के एक टेस्ट के साथ हम जो सीखते हैं, उससे सफलता मिलती है। आज का टेस्ट हमें स्टारशिप की रिलायबिलिटी में सुधार करने में मदद करेगा। टीमें डेटा को रिव्यू करना जारी रखेंगीं और अगले फ्लाइट टेस्ट की दिशा में काम करेंगीं।

दैनिक भास्कर 25 Jul 2026 6:38 am

आईक्यू Z11 लाइट स्मार्टफोन लॉन्च, कीमत ₹17999 से शुरू:50MP सोनी कैमरा और 6500mAh बैटरी; 1% चार्ज पर 30 मिनट कॉल कर सकेंगे

टेक ब्रांड आइक्यू ने आज 24 जुलाई को भारत में नया बजट 5G स्मार्टफोन आईक्यू Z11 लाइट 5G लॉन्च कर दिया है। स्मार्टफोन में सबसे खास 6500mAh की बैटरी है, जो 44W फास्ट चार्जिंग सपोर्ट और 5 साल की हेल्थ वारंटी दी गई है। कंपनी का दावा है कि फोन सिर्फ 1% चार्ज होने पर भी आप 30 मिनट कॉल कर सकेंगे। आईक्यू Z11 लाइट में मीडियाटेक डायमेंसिटी 6300 प्रोसेसर और 50 मेगापिक्सल का मैन कैमरा दिया गया है। इसे तीन वैरिएंट में उतारा गया है। इसकी शुरुआती कीमत 19,499 रुपए रखी गई है। स्मार्टफोन की बिक्री 30 जुलाई से शुरू होगी। लॉन्च ऑफर में शुरुआती सेल में 1500 का इंस्टेंट डिस्काउंट मिलेगा। डिजाइन: मिलिट्री ग्रेड बॉडी और IP65 रेटिंग यह फोन मजबूत और टिकाऊ बॉडी के साथ आया है। फोन को SGS सर्टिफाइड मिलिट्री-ग्रेड बॉडी पर तैयार किया गया है, जिससे जमीन पर गिरने पर भी इसके टूटने का खतरा बहुत कम रहता है। धूल और पानी के छींटों से बचाव के लिए इसे IP65 रेटिंग मिली है। इसमें 'ग्रीसी हैंड' और 'वेट हैंड' टच तकनीक भी है, जिससे गीले या चिकने हाथ से स्क्रीन को बिना किसी दिक्कत चला सकते हैं। आईक्यू Z11 लाइट 5G: स्पेसिफिकेशंस डिस्प्ले: फोन में 1600x720 पिक्सल रेजोल्यूशन वाली 6.74 इंच की HD+ डिस्प्ले दी गई है, जो LCD पैनल पर बनी है। स्मूथ स्क्रॉलिंग और गेमिंग अनुभव के लिए इसमें 120Hz का रिफ्रेश रेट मिलता है और इसकी पीक ब्राइटनेस 1200 निट्स है। कैमरा: फोटोग्राफी के लिए फोन के बैक पैनल पर LED फ्लैश के साथ डुअल रियर कैमरा सेटअप है। इसमें 50 मेगापिक्सल सोनी LYT505C मुख्य सेंसर और एक सेकेंडरी AI लेंस दिया गया है। सेल्फी और वीडियो कॉलिंग के लिए फ्रंट में 5 मेगापिक्सल का कैमरा है। परफॉर्मेंस: आईक्यू Z11 लाइट में 6nm फैब्रिकेशन पर बना मीडियाटेक डायमेंसिटी 6300 चिपसेट दिया गया है, जो 2.4GHz की क्लॉक स्पीड पर काम करता है। यह स्मार्टफोन एंड्रॉइड 16 पर आधारित ओरिजन OS 6 पर चलता है। बैटरी: पावर बैकअप के लिए फोन में 5 साल की बैटरी हेल्थ लाइफ वॉरंटी के साथ 6500mAh की बड़ी बैटरी दी गई है। कंपनी का दावा है कि फोन सिर्फ 1% चार्ज बचने पर भी यूजर 30 मिनट की 4G कॉलिंग, 12 मिनट इंस्टाग्राम, 8 मिनट वॉट्सएप चैटिंग या 6 मिनट गूगल मैप्स का इस्तेमाल कर सकते हैं। चार्जिंग: फोन में 44W फास्ट चार्जिंग का सपोर्ट है। कंपनी का दावा है कि सिर्फ 10 मिनट की चार्जिंग में 7 घंटे से ज्यादा का ऑनलाइन वीडियो प्लेबैक टाइम मिलता है। इसमें रिवर्स चार्जिंग तकनीक भी है, जिससे दूसरा फोन चार्ज किया जा सकता है। इसके अलावा हैवी गैमिंग के दौरान करंट को सीधे मदरबोर्ड में भेजने के लिए बायपास चार्जिंग 2.0 भी है। कनेक्टिविटी फीचर्स: लो-नेटवर्क एरिया में नेटवर्क सिग्नल स्ट्रेंथ को 10% तक बूस्ट करने के लिए AI सुपरलिंक टेक्नोलॉजी दी गई है। इसमें डुअल 5G नेटवर्क सपोर्ट, वाई-फाई, ब्लूटूथ और 3.5mm ऑडियो जैक जैसे जरूरी फीचर्स शामिल हैं।

दैनिक भास्कर 24 Jul 2026 6:12 pm

किआ सिरोस EV लॉन्च, कीमत ₹7.99 लाख से शुरू:इलेक्ट्रिक SUV फुल चार्ज में 526km चलेगी, BaaS मॉडल में ₹3.3/किमी का चार्ज

किआ इंडिया ने अपनी प्रीमियम SUV सिरोस का इलेक्ट्रिक वर्जन भारत में लॉन्च कर दिया है। कंपनी का दावा है कि ये प्रीमियम इलेक्ट्रिक SUV एक बार फुल चार्ज करने पर 526km चलेगी। इसकी एक्स-शोरूम कीमत 13.50 लाख रुपए से 20 लाख रुपए के बीच रखी गई है। कंपनी ने इसे बैटरी-एज-ए-सर्विस (BaaS) स्कीम के साथ भी पेश किया है, जिसके तहत इसकी शुरुआती कीमत 7.99 लाख रुपए है और ₹3.3 प्रति किलोमीटर एक्स्ट्रा चार्ज देना होगा। इसका सीधा मुकाबला टाटा नेक्सॉन EV और महिंद्रा XUV 3XO EV से होगा। इसकी डिलीवरी 30 जुलाई से शुरू होगी। किआ सिरोस EV को 5 वैरिएंट- HTK, HTK+, HTX, HTX+ और X-Line में पेश किया गया है। छोटा बैटरी पैक शुरुआती तीन ट्रिम्स में मिलता है, जबकि बड़ा बैटरी पैक दूसरे ट्रिम (HTK+) से अवेलेबल है। कैरेंस क्लाविस के बाद दूसरी मास-मार्केट EV यह भारत में किआ का सबसे किफायती इलेक्ट्रिक मॉडल है। कैरेंस क्लाविस के बाद यह ब्रांड की दूसरी मास-मार्केट EV है। कंपनी इसमें लाइफटाइम बैटरी वारंटी और एश्योर्ड बायबैक प्रोग्राम दे रही है, जो 3 साल बाद 80% तक की रीसेल वैल्यू का दावा करता है। बैटरी, रेंज और परफॉर्मेंस किआ सिरोस EV में 42kWh और 51.4kWh के दो बैटरी पैक ऑप्शन दिए गए हैं। ये दोनों बैटरी पैक किआ कैरेंस क्लेविस EV और हुंडई क्रेटा इलेक्ट्रिक में भी इस्तेमाल किए जाते हैं। हालांकि, सिरोस EV साइज में छोटी होने के कारण ज्यादा रेंज देती है। चार्जिंग टाइम: 100kW DC फास्ट चार्जर से 39 मिनट में 80% चार्ज कंपनी इलेक्ट्रिक SUV के साथ 7.4kW और 10.8kW के AC चार्जर ऑप्शन दे रही है। 7.4kW चार्जर से छोटी बैटरी को 10 से 100% चार्ज होने में 6 घंटे लगते हैं, जबकि बड़ी बैटरी 7 घंटे 15 मिनट का समय लेती है। वहीं, 100kW DC फास्ट चार्जर का उपयोग करने पर 51.4kWh की बैटरी को 10 से 80% तक सिर्फ 39 मिनट में चार्ज किया जा सकता है। एक्सटीरियर डिजाइन: 17-इंच के अलॉय व्हील्स इसके पेट्रोल/डीजल (ICE) मॉडल के मुकाबले एक्सटीरियर और इंटीरियर में बहुत ज्यादा बदलाव नहीं किया गया है। केबिन फीचर्स: 12.3-इंच का डिजिटल इंस्ट्रूमेंट क्लस्टर कार के अंदर 'ट्रिनिटी पैनोरमिक डिस्प्ले' मुख्य आकर्षण है। इसमें 12.3-इंच का डिजिटल इंस्ट्रूमेंट क्लस्टर, 12.3-इंच की सेंट्रल इंफोटेनमेंट स्क्रीन और क्लाइमेट कंट्रोल के लिए 5.0-इंच की अलग यूनिट शामिल है। सेफ्टी फीचर्स : लेवल-2 ADAS के साथ 6 एयरबैग स्टैंडर्ड सेफ्टी के लिए किआ सिरोस ईवी में 6 एयरबैग (स्टैंडर्ड), 360-डिग्री कैमरा ESC, हिल-स्टार्ट असिस्ट, फ्रंट पार्किंग सेंसर्स और इलेक्ट्रॉनिक पार्किंग ब्रेक जैसे फीचर्स दिए गए हैं। इसके अलावा लेवल-2 एडवांस ड्राइविंग असिस्ट सिस्टम (ADAS) भी है। इसमें अडेप्टिव क्रूज कंट्रोल, ऑटोमैटिक इमरजेंसी ब्रेकिंग, लेन कीप असिस्ट, ब्लाइंड स्पॉट मॉनिटरिंग जैसे फीचर्स शामिल हैं।

दैनिक भास्कर 24 Jul 2026 11:10 am

अमेरिका-ईरान तनाव से कच्चा तेल 98 डॉलर पार:कतर से LNG सप्लाई भी अटकने की आशंका; महंगाई बढ़ सकती है

अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ते तनाव के कारण ब्रेंट क्रूड आज 23 जुलाई को 4% बढ़कर 98 डॉलर प्रति बैरल के पार पहुंच गया है। यह पिछले 6 हफ्तों में सबसे ज्यादा है। वहीं अमेरिकी क्रूड भी 89 डॉलर प्रति बैरल के करीब पहुंच गया है। कच्चे तेल की कीमतों में तेजी से भारत में महंगाई बढ़ सकती है। कच्चे तेल के महंगे होने से ऑयल मार्केटिंग कंपनियों के फ्यूल मार्जिन पर दबाव बढ रहा है। अगर लंबे समय तक क्रूड महंगा बना रहता है तो पेट्रोल-डीजल की कीमतें बढ़ सकती है। लाल सागर में तेल टैंकरों पर हमला, हूतियों ने नाकेबंदी का ऐलान किया तेल की कीमतों में अचानक आए इस उछाल की बड़ी वजह पश्चिम एशिया का बिगड़ता माहौल है। अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ते तनाव के साथ अब यह विवाद फारसी खाड़ी के अन्य हिस्सों में भी फैल गया है। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, यमन के हूती विद्रोहियों ने लाल सागर में सऊदी अरब के तेल टैंकरों पर हमला कर दिया है। यह हमला हुती ग्रुप की ओर से बाब-अल-मंदेब जलडमरूमध्य पर नाकेबंदी की घोषणा करने के ठीक एक दिन बाद हुआ है, जिससे ग्लोबल ऑयल सप्लाई चेन पर गंभीर खतरा मंडराने लगा है। तेल कंपनियों के शेयर 2.5% तक टूटे कच्चे तेल की कीमतों में तेजी का सीधा असर भारत की ऑयल मार्केटिंग कंपनियों (OMCs) पर पड़ा है… भारत अपनी जरूरत का लगभग 85% कच्चा तेल आयात करता है। क्रूड महंगा होने से देश का आयात बिल बढ़ता है, जिससे महंगाई बढ़ने और कंपनियों के मार्जिन पर असर पड़ने की आशंका रहती है। अक्टूबर तक LNG सप्लाई अटकने के आसार ब्लूमबर्ग की रिपोर्ट के अनुसार, कतर एनर्जी मिड-अक्टूबर तक लिक्विफाइड नेचुरल गैस यानी LNG के शिपमेंट पर 'फोर्स मैज्योर' को आगे बढ़ाने की तैयारी कर रही है। कतर ने जून में ही एशिया और यूरोप के कुछ ग्राहकों को सूचित किया था कि अगस्त और सितंबर के कार्गो रद्द रहेंगे। अगर यह पाबंदी अक्टूबर तक खिंचती है, तो सर्दियां शुरू होने से पहले गैस का ग्लोबल संकट और गहरा सकता है, क्योंकि यूरोप और एशियाई देश सीमित LNG सप्लाई के लिए आपस में प्रतिस्पर्धा करेंगे। सेंसेक्स 364 और निफ्टी 127 अंक गिरी कच्चे तेल की कीमत बढ़ने से भारतीय शेयर बाजार पर बिकवाली का भारी दबाव बन गया है। 23 जुलाई को सेंसेक्स 364 अंक की गिरावट के साथ 76,391 पर बंद हुआ। निफ्टी में भी 127 अंक की गिरावट रही, ये 23,870 पर बंद हुआ। रियल्टी, एनर्जी और बैंकिंग शेयर्स में ज्यादा बिकवाली रही। मई में पेट्रोल-डीजल के दाम बढ़े थे मई में IOC, BPCL और HPCL ने महंगे अंतरराष्ट्रीय क्रूड कीमतों का हवाला देते हुए किस्तों में पेट्रोल और डीजल दोनों के दामों में ₹7.50-₹7.50 प्रति लीटर की बढ़ोतरी की थी। देश के 1 लाख से ज्यादा पेट्रोल पंपों में से 90% से अधिक पर इन तीनों सरकारी कंपनियों का नियंत्रण है। आगे क्या? पश्चिम एशिया में अगर यह गतिरोध लंबा खींचता है, तो कच्चे तेल की कीमतें $100 प्रति बैरल का आंकड़ा पार कर सकती हैं। इससे आने वाले दिनों में भारतीय शेयर बाजार, खासकर बैंकिंग, ऑटो और पेंट कंपनियों के शेयरों में उतार-चढ़ाव जारी रहने की संभावना है। --------------------------- ये खबर भी पढ़ें… सोना ₹274 बढ़कर ₹1.46 लाख पर पहुंचा: 4 दिन में ₹4,398 महंगा हो चुका, चांदी आज ₹360 चढ़कर ₹2.26 लाख पर पहुंची सोने-चांदी की कीमतों में आज यानी 23 जुलाई को बढ़त है। इंडिया बुलियन एंड ज्वेलर्स एसोसिएशन (IBJA) के मुताबिक, एक किलो चांदी 360 रुपए बढ़कर 2.26 लाख रुपए पर पहुंच गई है। वहीं, 10 ग्राम 24 कैरेट सोना 274 रुपए चढ़कर 1.46 लाख रुपए पर पहुंच गया है। 4 दिन में सोना 4,398 रुपए और 10,346 रुपए चांदी महंगी हो चुकी है। पूरी खबर पढ़ें…

दैनिक भास्कर 23 Jul 2026 3:52 pm

सैमसंग गैलेक्सी अनपैक्ड इवेंट आज:पासपोर्ट डिजाइन वाला Z फोल्ड 8 आएगा, अल्ट्रा में 200MP कैमरा और टाइटेनियम बॉडी मिलेगी

टेक कंपनी सैमसंग का गैलेक्सी अनपैक्ड 2026 इवेंट आज शाम 7 बजे से होगा। इसमें कंपनी नए पासपोर्ट डिजाइन वाला गैलेक्सी Z फोल्ड 8, गैलेक्सी Z फ्लिप 8 और 200 मैगापिक्सल कैमरे गैलेक्सी Z फोल्ड 8 अल्ट्रा लॉन्च करेगी। इसके अलावा, नए सैमसंग गैजेट्स और सॉफ्टवेयर जैसे गैलेक्सी वॉच 9 सीरीज, गैलेक्सी AI और एंड्रॉएड XR, गैलेक्सी ग्लासेस भी पेश किए जाएंगे। सैमसंग गैलेक्सी अनपैक्ड इवेंट में ये डिवाइस आएंगे सैमसंग गैलेक्सी Z फोल्ड 8 ये मोबाइल पासपोर्ट शेप में लाया जाएगा। लीक के अनुसार इसमें 4:3 आस्पेक्ट रेश्यो वाली 7.6-इंच की मेन डिस्प्ले दी जाएगी और 5.5-इंच की कवर स्क्रीन मिलेगी। दोनों ही QXGA+ डायनामिक एमोलेड 2X पैनल पर बनाई जा सकती है। फोटोग्राफी के लिए गैलेक्सी Z फोल्ड 8 के बैक पैनल पर 50 मेगापिक्सल अल्ट्रा वाइड कैमरा और 10 मेगापिक्सल टेलीफोटो कैमरा दिया जा सकता है। वहीं मेन डिस्प्ले और कवर डिस्प्ले दोनों पर ही 10 मेगापिक्सल सेल्फी कैमरा मिलेगा। गैलेक्सी Z फोल्ड 8 को स्नैपड्रैगन 8 एलीट जेन 5 प्रोसेसर पर लॉन्च किया जा सकता है, जो एंड्रॉयड 16 बेस्ड वन UI 9 पर काम करेगा। पावर बैकअप के लिए फोन में 4800mAh बैटरी के साथ 45W वायर्ड और 15W वायरलेस चार्जिंग दी जा सकती है। सैमसंग गैलेक्सी Z फ्लिप 8 नया गैलेक्सी फ्लिप क्लैमशेल फोल्डेबल डिजाइन के साथ आएगा। इसमें 6.9 इंच की डायनामिक एमोलेड 2X LTPO मेन डिस्प्ले और 4.1-इंच की सुपर एमोलेड फ्लेक्स विंडो कवर स्क्रीन मिल सकती है। दोनों में ही 120Hz रिफ्रेश रेट और 2600nits पीक ब्राइटनेस का सपोर्ट दिया जा सकता है। फोल्ड 8 की ही तरह कंपनी फ्लिप 8 को भी स्नैपड्रैगन 8 एलीट जेन 5 प्रोसेसर पर लॉन्च कर सकती है, जिसमें एंड्रॉयड 16 बेस्ड वन UI 9 दिया जा सकता है। बैक पैनल पर 50 मेगापिक्सल का प्राइमरी कैमरा और 12 मेगापिक्सल का अल्ट्रा-वाइड कैमरा मिल सकता है। वहीं, सेल्फी और वीडियो कॉलिंग के लिए 10 मेगापिक्सल का फ्रंट कैमरा दिया जा सकता है। पावर बैकअप के लिए इसमें 4300mAh की बैटरी के साथ 45W फास्ट वायर्ड चार्जिंग, 15W वायरलेस चार्जिंग और वायरलेस पावर शेयर सपोर्ट भी मिल सकता है। फोन को आर्मर एल्यूमीनियम फ्रेम पर बनाया जा सकता है, जिसके साथ गोरिल्ला ग्लास विक्टस 2 की प्रोटेक्शन मिल सकती है। सैमसंग गैलेक्सी Z फोल्ड 8 अल्ट्रा ये फोन भी फ्लेक्स टाइटेनियम स्ट्रक्चर के साथ आएगा। इसमें टाइटेनियम अलॉय फिल्म और टाइटेनियम सपोर्ट प्लेट शामिल होगा। यह नॉर्मल पॉलिमर फिल्म से 20x मजबूत और इंसानी बाल से भी 30% पतली बताई गई है। फोन में QXGA+ डायनामिक एमोलेड 2X पैनली पर बनी 8-इंच की मेन स्क्रीन और 6.5-इंच की कवर डिस्प्ले दी जा सकती है। फोटोग्राफी के लिए इसमें 200 मेगापिक्सल का प्राइमरी कैमरा के साथ 50 मेगापिक्सल अल्ट्रा वाइड और 10 मेगापिक्सल टेलीफोटो सेंसर मिलेगा। इसकी सेकेंडरी और प्राइमरी डिस्प्ले पर 10 मेगापिक्सल का फ्रंट कैमरा दिया जा सकता है। ये भी क्वालकॉम स्नैपड्रैगन 8 एलीट जेन 5 पर लॉन्च हो सकता है। पावर बैकअप के लिए इसमें 5000mAh बैटरी के साथ 45W वायर्ड, 15W वायरलेस और वायरलेस पावरशेयर सहित Qi वायरलेस फीचर भी दिया जा सकता है। सैमसंग गैलेक्सी वॉच 9 सीरीज इवेंट में कंपनी नई गैलेक्सी वॉच 9 सीरीज भी पेश कर सकती है, इसके अलावा गैलेक्सी वॉच अल्ट्रा 2 भी आने की उम्मीद है। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, गैलेक्सी वॉच 9 में जहां 40mm और 44mm डायल ऑप्शन मिलेंगे, वहीं वॉच अल्ट्रा 2 बड़े 47mm डायल के साथ आ सकती है। दोनों में सुपर एमोलेड ऑलवेस-वन डिस्प्ले, सेफायर क्रिस्टल ग्लास प्रोटेक्शन और 3000 निट्स तक की पीक ब्राइटनेस देखने को मिल सकती है। इनमें 5ATM वॉटर रेजिस्टेंस, IP68 रेटिंग और MIL-STD-810H मिलिट्री-ग्रेड ड्यूरेबिलिटी भी देखने को मिल सकती है। गैलेक्सी वॉच 9 और गैलेक्सी वॉच अल्ट्रा 2 को एग्जीनोस W1000 पर लाया जा सकता है जो वेयर OS 7 बेस्ड वन UI वॉच 9 पर काम करेगी। पावर बैकअप के लिए गैलेक्सी वॉच 9 में 435mAh और गैलेक्सी वॉच अल्ट्रा 2 में 590mAh बैटरी दी जा सकती है। कनेक्टिविटी के लिए GPS, ब्लूटूथ 5.4, वाई-फाई, NFC और सैमसंग वॉलेट सहित कुछ मॉडल्स में LTE का सपोर्ट दिया जा सकता है। यूजर्स को इनमें हार्ट रेट मॉनिटरिंग, बायोएक्टिव सेंसर, ECG, SpO2, बॉडी कंपोजिशन एनालिसिस, स्लीप ट्रैकिंग और स्ट्रेस मॉनिटरिंग के साथ गैलेक्सी AI जैसे फीचर्स मिल सकते हैं।

दैनिक भास्कर 22 Jul 2026 4:49 pm

मारुति की कारें अगस्त से ₹30,000 तक महंगी हो जाएंगी:2 महीने में दूसरी बार कीमतें बढ़ाईं, कंपनी बोली- इनपुट कॉस्ट बढ़ने से फैसला लिया

देश की सबसे बड़ी पैसेंजर वाहन निर्माता कंपनी मारुति सुजुकी ने अपने सभी मॉडल्स की कीमतों में बढ़ोत्तरी का ऐलान किया है। कंपनी अपनी कारों के दाम 30,000 रुपए तक बढ़ाएगी। नई कीमतें अगस्त 2026 से लागू होंगी। कंपनी ने 21 जुलाई, मंगलवार को शेयर बाजारों को भेजी जानकारी यानी रेगुलेटरी फाइलिंग में यह जानकारी दी है। अलग-अलग मॉडल और वैरिएंट के हिसाब से अलग-अलग दाम बढ़ाए जाएंगे। कंपनी बोली- इनपुट कॉस्ट बढ़ने से लेना पड़ा फैसला कंपनी ने बताया कि लगातार बढ़ रही इनपुट कॉस्ट यानी लागत बढ़ने की वजह से यह फैसला लेना पड़ा है। पिछले कुछ महीनों में कंपनी ने अपने स्तर पर लागत घटाने की कोशिश की, ताकि ग्राहकों पर सीधा असर न पड़े। हालांकि, महंगाई दर ऊंची रहने और कारोबारी माहौल अनुकूल न होने की वजह से बढ़ी हुई लागत का कुछ हिस्सा ग्राहकों पर डालना मजबूरी हो गया है। 2 महीने में दूसरी बार बढ़ेंगे दाम इस साल मारुति सुजुकी की तरफ से यह पहली बढ़ोत्तरी नहीं है। इससे पहले कंपनी ने जून 2026 में भी अपने सभी मॉडल्स की कीमतों में 30,000 रुपए तक का इजाफा किया था। उस बढ़ोत्तरी का ऐलान 21 मई 2026 को किया गया था। उस समय भी कंपनी ने इनपुट कॉस्ट में बढ़ोतरी और महंगाई के दबाव को ही मुख्य वजह बताया था। अगस्त से लागू होने वाला नया संशोधन जून में हुई बढ़ोतरी के ऊपर अतिरिक्त इजाफा होगा। ₹3.50 लाख से ₹25 लाख तक के वाहन बेचती है कंपनी मारुति सुजुकी भारतीय बाजार में एंट्री-लेवल हैचबैक से लेकर प्रीमियम सेगमेंट की गाड़ियां बेचती है। इनमें एंट्री-लेवल मॉडल S-Presso से लेकर प्रीमियम MPV इनविक्टो शामिल हैं। फिलहाल कंपनी के पोर्टफोलियो की एक्स-शोरूम कीमतें ₹3.50 लाख से शुरू होकर ₹25 लाख तक जाती हैं। अगस्त से होने वाली बढ़ोतरी के बाद एंट्री-लेवल और प्रीमियम दोनों सेगमेंट की कारें महंगी हो जाएंगी। रेगुलेटरी फाइलिंग और इनपुट कॉस्ट क्या होती है? रेगुलेटरी फाइलिंग: शेयर बाजार में लिस्टेड कंपनियों के लिए यह अनिवार्य होता है कि वे अपने किसी भी बड़े बिजनेस फैसले, मुनाफे, नुकसान या कीमतों में बदलाव की जानकारी 'सेबी' या स्टॉक एक्सचेंज को दें। इसी आधिकारिक दस्तावेज को रेगुलेटरी फाइलिंग कहते हैं। इनपुट कॉस्ट: किसी भी कार को बनाने में इस्तेमाल होने वाले कच्चे माल (जैसे स्टील, प्लास्टिक, एल्युमिनियम, रबर और इलेक्ट्रॉनिक्स) की कुल लागत को इनपुट कॉस्ट कहा जाता है। जब अंतरराष्ट्रीय या घरेलू बाजार में ये चीजें महंगी होती हैं, तो गाड़ियों की मैन्युफैक्चरिंग कॉस्ट भी बढ़ जाती है।

दैनिक भास्कर 21 Jul 2026 4:00 pm

सिट्रोएन बेसाल्ट X कम्फर्ट एडिशन भारत में लॉन्च:शुरुआती कीमत ₹8.75 लाख; यू और प्लस ट्रिम्स में अवेलेबल, 10.25-इंच टचस्क्रीन जैसे फीचर्स

सिट्रोएन ने अपनी कूपे SUV बेसाल्ट X का नया 'कम्फर्ट एडिशन' भारतीय बाजार में लॉन्च कर दिया है। पिछले महीने एयरक्रॉस कम्फर्ट एडिशन को मिली सफलता के बाद कंपनी ने अब बेसाल्ट X को भी कम्फर्ट एडिशन का ट्रीटमेंट दिया है। इस कार की शुरुआती कीमत 8.75 लाख रुपए (एक्स-शोरूम) रखी गई है। 1. 'यू' और 'प्लस' ट्रिम्स में अवेलेबल बेसाल्ट X कम्फर्ट एडिशन को कंपनी ने दो वेरिएंट्स- 'यू' और 'प्लस' ट्रिम्स में पेश किया है। इस नए एडिशन के साथ 'कम्फर्ट AXS' पैक दिया गया है। यह पैकेज कार के इंटीरियर और फीचर्स को पहले से ज्यादा प्रीमियम और सुविधाजनक बनाता है। 2. केबिन और इंटीरियर फीचर्स कंपनी ने नई बेसाल्ट X कम्फर्ट एडिशन के इंटीरियर में कई बड़े अपडेट्स दिए हैं… 3. इंजन और परफॉर्मेंस कार के इंजन या गियरबॉक्स में कंपनी ने कोई मेकैनिकल बदलाव नहीं किया है। यह अपने स्टैंडर्ड इंजन ऑप्शंस के साथ ही उपलब्ध रहेगी। 1.2-लीटर नैचुरली एस्पिरेटेड पेट्रोल इंजन: बेस वेरिएंट में 1.2-लीटर का इंजन मिलता है, जो 81 BHP की पावर और 115 Nm का टॉर्क जनरेट करता है। यह 5-स्पीड मैनुअल गियरबॉक्स के साथ आता है। 1.2-लीटर टर्बो-पेट्रोल इंजन: इसके 'प्लस' ट्रिम में ज्यादा पावरफुल 1.2-लीटर टर्बो-पेट्रोल यूनिट दी गई है, जो 108 BHP की पावर और 190 Nm का टॉर्क देती है। इसे 6-स्पीड मैनुअल या 6-स्पीड ऑटोमैटिक ट्रांसमिशन के साथ खरीदा जा सकता है। 4. सिट्रोएन बेसाल्ट X कम्फर्ट एडिशन: स्पेसिफिकेशन्स क्या होता है 'ड्यूल डैशकैम' और कार में यह क्यों जरूरी है? ड्यूल डैशकैम : यह एक ऐसा कैमरा सेटअप होता है जिसमें एक कैमरा कार के आगे की सड़क और दूसरा कैमरा पीछे की गतिविधियों को एक साथ रिकॉर्ड करता है। किसी दुर्घटना, रोड रेज या चोरी के समय यह फुल HD वीडियो रिकॉर्डिंग सबूत के तौर पर देता है। इंश्योरेंस क्लेम पास कराने और कानूनी कार्रवाई में यह अहम भूमिका निभाता है। सिट्रोएन बेसाल्ट X में यह फीचर इन-बिल्ट/फैक्ट्री-फिटेड कम्फर्ट पैक के तहत दिया जा रहा है।

दैनिक भास्कर 21 Jul 2026 3:36 pm

संसद में सरकार बोली- E20 पेट्रोल से इंजन खराब नहीं:23 करोड़ गाड़ियां बिना परेशानी चल रहीं, पुरानी गाड़ियों का माइलेज मामूली गिरा

देश में 20% एथेनॉल मिला पेट्रोल यानी E20 फ्यूल से गाड़ियों के इंजन खराब होने या उनके अचानक बंद होने की कोई पुख्ता रिपोर्ट नहीं है। सरकार ने आज यानी 20 जुलाई को राज्यसभा यानी संसद में एक सवाल के लिखित जवाब में यह जानकारी दी। पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस राज्य मंत्री सुरेश गोपी ने बताया कि देशभर में चल रहे 23 करोड़ से ज्यादा गाड़ियों के चलाने के अनुभवों और कई वैज्ञानिक अध्ययनों के आधार पर यह निष्कर्ष निकला है। सरकार ने स्पष्ट किया है कि E20 फ्यूल से इंजन को नुकसान पहुंचने का कोई प्रमाण नहीं मिला है। 20 करोड़ टू-व्हीलर्स और 3 करोड़ कारें बिना किसी शिकायत के चल रहीं राज्यसभा में मंत्री सुरेश गोपी ने कहा कि देश में 20 करोड़ से ज्यादा टू-व्हीलर्स और 3 करोड़ से अधिक पेट्रोल कारें वर्तमान में एथेनॉल मिश्रित ईंधन यानी पर चल रही हैं। इनमें एक बड़ी संख्या उन पुराने वाहनों की भी है, जिन्हें E20 सर्टिफिकेशन मिलने से पहले मैन्युफैक्चर किया गया था। इन सभी गाड़ियों के डेटा और सर्विस रिकॉर्ड देखने के बाद भी इथेनॉल ब्लेंडिंग के कारण इंजन फेल होने या किसी बड़े व्हीकल ब्रेकडाउन की कोई पुख्ता पुष्टि नहीं हुई है। बिना सोचे-समझे नहीं किया बदलाव सरकार ने सदन में बताया कि देश को E20 फ्यूल की तरफ ले जाने का फैसला अचानक नहीं हुआ है। यह पूरी तरह से चरणबद्ध और वैज्ञानिक साक्ष्यों पर आधारित रहा है। साल 2013-14 में जहां पेट्रोल में इथेनॉल ब्लेंडिंग सिर्फ 1.53% थी, उसे साइंटिफिकली और सभी स्टेकहोल्डर्स के साथ हर स्तर पर विचार-विमर्श के बाद ही साल 2025-26 तक बढ़ाकर 20% (E20) किया गया है। ऑटोमोबाइल कंपनियों के सर्विस डेटा से भी पुष्टि मंत्रालय द्वारा साझा किए गए आंकड़ों के मुताबिक, देश की एक प्रमुख फोर-व्हीलर निर्माता कंपनी ने वित्त वर्ष 2025-26 के दौरान कुल 2.84 करोड़ वाहनों की सर्विसिंग की। चौंकाने वाली बात यह है कि इन गाड़ियों में 1.5 करोड़ ऐसे पुराने वाहन शामिल थे जो नॉन-E20 सर्टिफाइड थे यानी जिन्हें E20 फ्यूल के हिसाब से नहीं बनाया गया था। इसके बावजूद कंपनी के सर्विस रिकॉर्ड में E20 फ्यूल की वजह से गाड़ी को किसी भी तरह का नुकसान होने की एक भी रिपोर्ट दर्ज नहीं हुई। इसी तरह, देश की एक प्रमुख टू-व्हीलर निर्माता कंपनी के बड़े सर्विस डेटा में भी पहले के फ्यूल ब्लेंड की तुलना में E20 पर चलने वाले वाहनों में खराबी की कोई अलग घटना सामने नहीं आई है। माइलेज पर असर: पुरानी गाड़ियों में 3 से 5% की कमी संभव, पर मिलेंगे ये 4 बड़े फायदे फ्यूल एफिशिएंसी (माइलेज) के सवाल पर सरकार ने साफ किया कि किसी भी गाड़ी का माइलेज ड्राइविंग कंडीशन, ड्राइवर की आदतों और गाड़ी के मेंटेनेंस पर निर्भर करता है। हालांकि, सरकार ने स्वीकार किया कि E10 (10% इथेनॉल) के लिए डिजाइन की गई कुछ पुरानी गाड़ियों में माइलेज में करीब 3% से 5% तक की मामूली कमी आ सकती है। लेकिन इसके बदले E20 फ्यूल वाहन और पर्यावरण को कई फायदे देता है: फिलहाल 20% से ज्यादा ब्लेंडिंग का कोई फैसला नहीं राज्यसभा में जब मंत्री से पूछा गया कि क्या भविष्य में इथेनॉल ब्लेंडिंग को 20% से आगे बढ़ाया जाएगा, तो उन्होंने स्पष्ट किया कि फिलहाल ऐसा कोई निर्णय नहीं लिया गया है। आगे का कोई भी फैसला ऑटोमोबाइल निर्माताओं, ऑयल मार्केटिंग कंपनियों और रिसर्च संस्थानों के साथ गहन तकनीकी स्टडी के बाद ही लिया जाएगा। ----------------------------------------------------------------------------- E-20 पेट्रोल से जुड़ी ये खबर भी पढ़ें… रायपुर में E-20 पेट्रोल डालने से इंजन खराब:कंज्यूमर कोर्ट बोला- मारुति सुजुकी नई कार दे या 20 लाख लौटाए; देश का पहला मामला देशभर में पेट्रोल में E20 (20 प्रतिशत एथेनॉल मिश्रित ईंधन) के इस्तेमाल को बढ़ावा दिया जा रहा है। इसी बीच रायपुर में E20 पेट्रोल से कार के इंजन के खराब होने का मामला सामने आया है। इससे जुड़े मामले में कंज्यूमर कोर्ट ने मारुति सुजुकी इंडिया लिमिटेड और उसके अधिकृत डीलर को जिम्मेदार ठहराया है। कोर्ट ने कहा कि नई कार दी जाए या 20 लाख लौटाए जाएं। पूरी खबर पढ़ें…

दैनिक भास्कर 20 Jul 2026 6:34 pm

हाइब्रिड कारों के लिए MG नई ADAPT टेक्नोलॉजी लाई:एक ही कार में 4 ड्राइव ऑप्शन मिलेंगे, दुनिया का पहला ई-क्लच भी पेश किया

JSW MG मोटर इंडिया ने अपना नया एडवांस्ड प्लेटफॉर्म 'ADAPT' यानी एडवांस्ड ड्राइव आर्किटेक्चर प्लेटफॉर्म टेक्नोलॉजी रिवील कर दिया है। यह एक ऐसा न्यू एनर्जी व्हीकल प्लेटफॉर्म है, जिस पर कंपनी भविष्य में चार अलग-अलग तरह की गाड़ियां तैयार करेगी- इलेक्ट्रिक, प्लग-इन हाइब्रिड, रेंज-एक्सटेंडर और स्ट्रॉन्ग-हाइब्रिड। सबसे खास बात यह है कि इस प्लेटफॉर्म पर सिर्फ इको-फ्रेंडली गाड़ियां ही बनेंगी, कोई भी प्योर पेट्रोल या डीजल कार नहीं बनाई जाएगी। कम पेट्रोल खपत के साथ 43% थर्मल एफिशिएंसी ADAPT प्लेटफॉर्म पर बेस्ड हाइब्रिड गाड़ियों में कंपनी एक नया नैचुरली एस्पिरेटेड पेट्रोल इंजन इस्तेमाल करेगी। कंपनी का दावा है कि यह इंजन पेट्रोल की कम खपत करेगा और इसकी थर्मल एफिशिएंसी 43% तक होगी। आमतौर पर पेट्रोल इंजनों की थर्मल एफिशिएंसी 20 से 35% के बीच ही होती है, ऐसे में MG का यह दावा काफी बेहतर माना जा रहा है। हालांकि, कंपनी ने अभी तक इस इंजन के डिस्प्लेसमेंट (cc), सिलेंडरों की संख्या और पावर आउटपुट की जानकारी नहीं दी है, लेकिन यह साफ किया है कि इसे DHT (डायरेक्ट हाइब्रिड ट्रांसमिशन) के साथ जोड़ा जाएगा। दुनिया के पहले इलेक्ट्रोमैग्नेटिक ई-क्लच से लैस DHT इस डायरेक्ट हाइब्रिड ट्रांसमिशन (DHT) में दुनिया का पहला इलेक्ट्रोमैग्नेटिक ई-क्लच लगाया गया है। कंपनी का दावा है कि यह पारंपरिक क्लच यूनिट्स के मुकाबले 4 गुना तेजी से रिस्पॉन्स देता है। हाइब्रिड कारों में आमतौर पर दिखने वाले e-CVT गियरबॉक्स के मुकाबले यह DHT तकनीक ज्यादा जटिल है, जिसमें मैकेनिकल गियर्स का इस्तेमाल होता है। यह तकनीक गाड़ी को बेहतर टॉर्क डिलीवरी और पारंपरिक ड्राइविंग का अहसास देगी। इसके साथ ही इसमें 10-इन-1 ड्राइव यूनिट दी गई है, जिसमें परमानेंट मैग्नेट सिंक्रोनस मोटर और 2-स्टेज रिडक्शन गियरबॉक्स को इंटीग्रेट किया गया है। यह यूनिट पेट्रोल इंजन और इलेक्ट्रिक मोटर के आउटपुट को मैनेज करके पहियों तक पहुंचाती है। 4 अलग-अलग मोड्स में चलेगी गाड़ी गाड़ी में दिए गए ये सभी पावरट्रेन कंपोनेंट्स और बैटरी मिलकर 4 अलग-अलग ड्राइविंग मोड्स में काम कर सकते हैं:

दैनिक भास्कर 20 Jul 2026 11:56 am

एनवीडिया CEO की ब्लैक लेदर जैकेट ₹9.4 करोड़ में बिकी:नीलामी में उम्मीद से 16 गुना ज्यादा मिली कीमत, पैसा फेलोशिप और रिसर्च पर खर्च होगा

अमेरिकी टेक कंपनी एनवीडिया के CEO जेन्सन हुआंग की पहचान बन चुकी उनकी खास ब्लैक लेदर जैकेट करीब 9.4 करोड़ रुपए (9.60 लाख डॉलर) में नीलाम हुई है। ऑक्शन हाउस सोथबी द्वारा आयोजित इस नीलामी में जैकेट की कीमत उम्मीद से 16 गुना ज्यादा मिली है। पहले इसके 40 हजार से 60 हजार डॉलर (करीब 33 लाख से 50 लाख रुपए) में बिकने का अनुमान लगाया गया था। इस नीलामी से मिलने वाली पूरी रकम को टेक और साइंस सेक्टर के युवा इनोवेटर्स की मदद के लिए दान किया जाएगा। फेलोशिप और रिसर्च पर खर्च होगा नीलामी में मिला पैसा फॉर्च्यून की रिपोर्ट के मुताबिक, इस नीलामी से मिली राशि सैन फ्रांसिस्को की वेंचर कैपिटल फर्म 'लॉन्ग जर्नी वेंचर्स' द्वारा शुरू की गई एक पहल में जाएगी। यह पहल ‘एज इंस्टीट्यूट’ नाम के एक नॉन-प्रॉफिट ऑर्गेनाइजेशन की मदद के लिए काम करती है। एज इंस्टीट्यूट टेक, साइंस, कल्चर और सोसाइटी से जुड़े लोगों को एक साथ लाता है ताकि वे नए आइडियाज पर काम कर सकें। स्टीव जॉब्स और जुकरबर्ग जैसा स्टाइल स्टेटमेंट सिलिकॉन वैली में जिस तरह एप्पल के फाउंडर स्टीव जॉब्स का ब्लैक टर्टलनेक और मेटा के सीईओ मार्क जुकरबर्ग की ग्रे टी-शर्ट या हुडी उनका सिग्नेचर स्टाइल रही है, उसी तरह जेन्सन हुआंग की ब्लैक लेदर जैकेट टेक जगत में एक बड़ा सिंबल बन चुकी है। जेन्सन एनवीडिया के बड़े प्रोडक्ट लॉन्चेस, डेवलपर कॉन्फ्रेन्स और कीनोट प्रेजेंटेशन्स में हमेशा इसी लुक में नजर आते हैं। साल 2016 में रेडिट के एक ‘आस्क मी एनीथिंग’ सेशन में जेन्सन ने मजाकिया अंदाज में लिखा था, शायद आप मुझे 'लेदर जैकेट वाले उस शख्स' के रूप में बेहतर जानते होंगे जो अपनी बात को तीन बार दोहराता है। उनका यह लुक इतना पॉपुलर हुआ कि 2021 में जब 'टाइम' मैगजीन ने उन्हें अपने कवर पेज पर जगह दी, तब भी वे इसी सिग्नेचर जैकेट में दिखे थे। ताइपे के इवेंट में पहनी थी यही टॉम फोर्ड जैकेट सोथबी में जिस जैकेट की नीलामी हुई है, वह लग्जरी ब्रांड टॉम फोर्ड की ब्लैक लेदर जैकेट है। हुआंग ने इसे 18 अक्टूबर 2023 को ताइपे में आयोजित ‘हॉन हाई टेक डे’ के दौरान पहना था। ऑक्शन हाउस ने इवेंट की तस्वीरों से इस जैकेट का मिलान किया है। साथ ही जैकेट पर जेन्सन हुआंग के ऑटोग्राफ की जांच 'जेम्स स्पेंस ऑथेंटिकेशन' द्वारा की गई है। टॉम फोर्ड जैकेट के दीवाने हैं हुआंग जेन्सन हुआंग को टॉम फोर्ड की जैकेट्स काफी पसंद हैं और यह सिलिकॉन वैली में चर्चा का विषय रहता है। फैशन एक्सपर्ट्स के मुताबिक, जेन्सन की ज्यादातर जैकेट्स की कीमत कई हजार डॉलर से लेकर 10,000 डॉलर (करीब 8.3 लाख रुपए) से अधिक होती है। जेन्सेन हुआंग की नेटवर्थ 15.39 लाख करोड़ फोर्ब्स रियल टाइम बिलियनेयर्स लिस्ट के अनुसार, कंपनी के CEO जेन्सेन हुआंग 175 बिलियन डॉलर यानी 16.84 लाख करोड़ रुपए की नेटवर्थ के साथ दुनिया के 7वें सबसे अमीर आदमी हैं।

दैनिक भास्कर 19 Jul 2026 1:57 pm

50MP टेलीफोटो लेंस वाला टेक्नो कैमॉन 50 अल्ट्रा लॉन्च:6.78-इंच डिस्प्ले, 6500mAh बैटरी और वाटरप्रूफ IP69K रेटिंग; शुरुआती कीमत ₹39999

टेक्नो ने भारत में अपना लेटेस्ट कैमरा-फोकस्ड स्मार्टफोन टेक्नो कैमॉन 50 अल्ट्रा लॉन्च किया है। फोन में सबसे खास 50 मेगापिक्सल का 3X टेलीफोटो लेंस है। इसके अलावा इसमें 6.78-इंच डिस्प्ले, 6500mAh बैटरी और वाटरप्रूफ IP69K रेटिंग मिलती है। फोन को 8GB रैम + 256GB स्टोरेज के सिंगल वैरिएंट के साथ पेश किया गया है और इसकी कीमत ₹39,999 रखी गई है। लॉन्च ऑफर में फोन पर 3 हजार रुपए का डिस्काउंट मिलेगा। इसकी सेल 21 जुलाई से शुरू होगी। प्रीमियम डिजाइन, वजन और वाटर-डस्ट रेटिंग

दैनिक भास्कर 18 Jul 2026 8:50 pm

गूगल, सैमसंग और एपल हेल्थ में सेव करें मेडिकल रिकॉर्ड:फोन को ऐसे बनाएं हेल्थ असिस्टेंट, इमरजेंसी में मेडिकल ID आएगी काम

गूगल हेल्थ, सैमसंग हेल्थ और एपल हेल्थ जैसे एप्स में दवा का रिमाइंडर, मेडिकल रिकॉर्ड, इमरजेंसी आईडी और नींद जैसी जानकारियां एक ही जगह रख सकते हैं। ऐसे में जानिए इनके फायदे और कैसे करें इनका इस्तेमाल। ये सबसे जरूरी, इमरजेंसी मेडिकल आईडी बनाएं यह सबसे उपयोगी लेकिन सबसे कम इस्तेमाल होने वाले फीचर्स में से एक है। इसमें दर्ज कर सकते हैं - ब्लड ग्रुप, एलर्जी, पुरानी बीमारी, नियमित दवाएं, इमरजेंसी कॉन्टैक्ट, अगर किसी दुर्घटना या मेडिकल इमरजेंसी में फोन लॉक हो, तब भी कई फोन में यह जानकारी लॉक स्क्रीन से देखी जा सकती है। इससे अगर किसी इमरजेंसी कंडीशन में अस्पताल पहुंचते हैं तो डॉक्टर या राहतकर्मियों को इलाज शुरू करने में मदद मिलती है। दवा का रिमाइंडर सेट करें, इससे डोज मिस नहीं होगी अगर आप रोजाना कोई दवा लेते हैं या घर में किसी बुजुर्ग को नियमित दवा लेनी होती है, तो फोन के हेल्थ एप में उसका नाम, डोज और समय दर्ज कर सकते हैं। फायदा - तय समय पर नोटिफिकेशन मिलेगा। - कौन-सी दवा कब ली, उसका रिकॉर्ड रहेगा। - अगर कोई डोज छूट गई हो, तो हिस्ट्री में दिख जाएगी। - यह फीचर डायबिटीज, ब्लड प्रेशर और थायरॉयड जैसी बीमारियों के मरीजों के लिए उपयोगी है। मेडिकल रिपोर्ट और हेल्थ रिकॉर्ड एक ही जगह रखें अक्सर ब्लड टेस्ट, एक्स-रे, प्रिस्क्रिप्शन और डिस्चार्ज समरी अलग-अलग वॉट्सएप चैट, ईमेल या फोल्डर में बिखरी रहती हैं। हेल्थ एप में इन्हें व्यवस्थित रखा जा सकता है। यह सैमसंग-एपल जैसे डिवाइस में है। फायदा - इसमें सभी हेल्थ रिकॉर्ड्स सेव कर सकते हैं - ब्लड टेस्ट रिपोर्ट डाल सकते हैं - एक्स-रे और स्कैन रिकॉर्ड - डॉक्टर का प्रिस्क्रिप्शन -वैक्सीनेशन रिकॉर्ड - एलर्जी और पुरानी बीमारी की जानकारी। एंड्रॉइड और आईफोन में इस तरह से इस्तेमाल करें गूगल हेल्थ या सैमसंग हेल्थ एप खोलें। प्रोफाइल बनाकर स्टेप ट्रैकिंग ऑन करें। इसके बाद दवा का शेड्यूल, मेडिकल रिकॉर्ड और इमरजेंसी कॉन्टैक्ट जोड़ें। इसी तरह आईफोन में हेल्थ एप खोलें और ऊपर प्रोफाइल आइकन पर टैप करें। यहां मेडिकल आईडी सेट करें और हेल्थ से जुड़ी जरूरी जानकारी भरें। नींद, मूड और रोजमर्रा की आदतों पर रख सकते हैं नजर इन एप्स में सिर्फ शारीरिक गतिविधि ही नहीं, बल्कि आपकी दिनचर्या भी रिकॉर्ड की जा सकती है। ये एक्टिविटी रिकॉर्ड कर सकते हैं- कितनी देर सोए, दिनभर कैसा महसूस किया, पानी कितना पिया, वजन में बदलाव, मानसिक स्थिति, कुछ हफ्तों का डेटा जमा होने पर ऐप पैटर्न दिखाता है, जिससे समझ आता है कि किन दिनों आपकी दिनचर्या या नींद प्रभावित हुई। किस फोन में कौन-सा एप मिलेगा? फोन हेल्थ एप Android Google Health Samsung Samsung Health iPhone Apple Health - तीनों एप फ्री हैं और इनके अधिकांश जरूरी फीचर बिना अतिरिक्त शुल्क के इस्तेमाल किए जा सकते हैं।

दैनिक भास्कर 18 Jul 2026 2:23 pm

भारत के पहले प्राइवेट ऑर्बिटल रॉकेट की लॉन्चिंग आज:450 किमी की कक्षा में पेलोड तैनात करेगा; सोने से बने कलाम, साराभाई और सीवी रमन भी जाएंगे

हैदराबाद की स्काईरूट एयरोस्पेस आज शनिवार 18 जुलाई को भारत का पहला प्राइवेट ऑर्बिटल रॉकेट विक्रम-1 लॉन्च करेगी। यह लॉन्चिंग आंध्र प्रदेश के श्रीहरिकोटा से सुबह 11:30 बजे होगी। कंपनी ने 2022 में विक्रम-S सबऑर्बिटल रॉकेट लॉन्च किया था, जो 89.5 km की ऊंचाई तक गया था। अब विक्रम-1 450 km की पृथ्वी की निचली कक्षा तक जाएगा। सोने के कलाम, साराभाई और सीवी रमन भी जाएंगे इस लॉन्चिंग को 'मिशन आगमन' नाम दिया गया है। इसके तहत विक्रम-1 रॉकेट अपने साथ टेक्नोलॉजी से लेकर कला से जुड़े पेलोड्स अंतरिक्ष में ले जा रहा है: कॉमर्शियल और टेक्नोलॉजी पेलोड्स: 18 कैरेट सोने से बना आर्ट पीस भी स्पेस में जाएगा कॉस्मोस डायमंड्स की कलाकृति कॉस्मिक ब्लूम और एक खास माइक्रो-आर्ट पीस भी रॉकेट में भेजा जा रहा है। यह माइक्रो-आर्ट पीस 18 कैरेट सोने से बना छोटा सा रॉकेट है। इस पर वैज्ञानिक सर सी वी रमन, डॉ. विक्रम साराभाई और डॉ. कलाम की सूक्ष्म मूर्तियां उकेरी गई हैं। हल्के कार्बन-कंपोजिट से बना है पूरा रॉकेट विक्रम-1 पूरी तरह से हल्के और मजबूत कार्बन-कंपोजिट स्ट्रक्चर से बना पहला ऑर्बिटल रॉकेट है। कार्बन फाइबर स्टील की तुलना में पांच गुना हल्का होता है। इससे रॉकेट का वजन कम हो जाता है, जिससे इसकी ईंधन दक्षता बढ़ जाती है। रॉकेट को ऊर्जा देने के लिए इसमें तीन सॉलिड-फ्यूल स्टेज और एक लिक्विड ऑर्बिटल एडजस्टमेंट मॉड्यूल दिया गया है। 1. तीन सॉलिड-फ्यूल स्टेज: इसे आप रॉकेट के नीचे लगे तीन बेहद ताकतवर 'बूस्टर्स' की तरह समझ सकते हैं, जिनमें ठोस ईंधन जैसे बारूद की तरह का ठोस केमिकल भरा होता है. रॉकेट को जमीन से उठाकर आसमान की तरफ धकेलने के लिए शुरुआत में बहुत भारी ताकत की जरूरत होती है। ये तीनों सॉलिड स्टेज एक-एक करके जलते हैं और रॉकेट को शुरुआती धक्का देकर अंतरिक्ष की सीमा लो अर्थ ऑर्बिट के पास पहुंचा देते हैं। 2. लिक्विड ऑर्बिटल एडजस्टमेंट मॉड्यूल यह रॉकेट के ऊपरी हिस्से में लगा एक बेहद बारीक और स्मार्ट तरल ईंधन वाला छोटा इंजन होता है। जब रॉकेट अंतरिक्ष में पहुंच जाता है, तो वहां ठोस ईंधन काम नहीं आता क्योंकि उसे अपनी मर्जी से ऑन या ऑफ नहीं किया जा सकता। यहां 'लिक्विड मॉड्यूल' काम आता है। यह अंतरिक्ष में सैटेलाइट को सही दिशा देने, रॉकेट की रफ्तार कम-ज्यादा करने और सैटेलाइट को उसकी तय की गई कक्षा में 'एडजस्ट' यानी स्थापित करने का काम करता है। अब 5 जरूरी सवालों के जवाब… सवाल 1: 'स्काईरूट एयरोस्पेस' की शुरुआत कब और किस उद्देश्य से हुई थी? जवाब: स्काईरूट की शुरुआत करीब 8 साल पहले 2018 में हुई थी। इसे शुरू करने का मुख्य उद्देश्य भारत में ही बेहद किफायती और भरोसेमंद रॉकेट्स का निर्माण करना है, ताकि दुनिया भर के सैटेलाइट ऑपरेटर्स को ऑन-डिमांड और बजट-फ्रेंडली लॉन्चिंग सॉल्यूशंस दिए जा सकें। सवाल 2: इस रॉकेट का नाम 'विक्रम-1' क्यों रखा गया है और इसका क्या महत्व है? जवाब: इस रॉकेट का नाम भारतीय अंतरिक्ष कार्यक्रम के जनक डॉ. विक्रम साराभाई के सम्मान में 'विक्रम-1' रखा गया है। डॉ. साराभाई ने ही देश के स्पेस सेक्टर की मजबूत नींव रखी थी। स्काईरूट अपने सभी रॉकेट्स के नाम उनके सम्मान में इसी सीरीज पर रखती है। साल 2022 में लॉन्च किया गया पहला सबऑर्बिटल रॉकेट 'विक्रम-एस' भी इसी सम्मान श्रृंखला का हिस्सा था। सवाल 3: इस लॉन्चिंग से भारत के स्पेस सेक्टर को क्या फायदे होंगे? जवाब: यह लॉन्चिंग भारत के प्राइवेट स्पेस सेक्टर के लिए गेम चेंजर हो सकती है: सवाल 4: स्काईरूट के फाउंडर्स कौन हैं और उनका क्या कहना है? जवाब: स्काईरूट एयरोस्पेस की स्थापना पवन कुमार चंदना (फाउंडर और सीईओ) और नागा भरत डाका (को-फाउंडर और सीओओ) ने मिलकर की है। सीईओ पवन कुमार चंदना ने कहा कि यह हमारी पहली टेस्ट फ्लाइट है और इससे हमें अंतरिक्ष की कक्षा में रॉकेट के व्यवहार का बेहद कीमती डेटा मिलेगा। सीओओ नागा भरत डाका ने कहा कि हमारा और हमारी पूरी टीम का आठ वर्षों का कठोर प्रयास आज इस ऐतिहासिक मील के पत्थर के रूप में साकार हो रहा है। सवाल 5: साल 2022 में लॉन्च हुए 'विक्रम-एस' और इस नए 'विक्रम-1' रॉकेट में क्या अंतर है? जवाब: इन दोनों रॉकेट्स में तकनीक और क्षमता के स्तर पर बड़ा अंतर है: विक्रम S और विक्रम-1 में अंतर नॉलेज पार्ट: क्या होता है लो अर्थ ऑर्बिट यह पृथ्वी की सबसे निचली कक्षा होती है जो जमीन से लगभग 160 से 2,000 किमी की ऊंचाई पर स्थित होती है। ज्यादातर कॉमर्शियल और मौसम संबंधी सैटेलाइट इसी ऑर्बिट में चक्कर लगाते हैं। इंटरनेशनल स्पेस स्टेशन भी इसी ऑर्बिट में 450 किमी की ऊंचाई पर स्थित है।

दैनिक भास्कर 18 Jul 2026 7:28 am

फरारी अमाल्फी स्पाइडर लॉन्च, कीमत ₹4.6 करोड़:3.3 सेकेंड में 100kmph की स्पीड, 15.6-इंच डिस्प्ले और ADAS जैसे फीचर्स

इटली की सुपरकार बनाने कंपनी फरारी ने आज भारत में नई कनवर्टिबल कार अमाल्फी स्पाइडर लॉन्च की है। ये 15.6 इंच डिजिटल डिस्प्ले और ADAS जैसे सेफ्टी फीचर्स के साथ आई है। कंपनी का दावा है कि यह 3.3 सेकेंड में 100kmph की स्पीड से दौड़ सकती है। कंपनी ने भारत में इसकी शुरुआती एक्स-शोरूम कीमत 4.6 करोड़ रुपए रखी है। यह अपने कूपे मॉडल की तुलना में करीब 52 लाख रुपए महंगी है, जिसकी मौजूदा कीमत 4.08 करोड़ रुपए है। नई अमाल्फी स्पाइडर की बुकिंग शुरू हो चुकी है। सेफ्टी फीचर्स: एडवांस्ड ADAS से लैस फरारी अमाल्फी में सुरक्षा के लिए एडवांस्ड ड्राइवर असिस्टेंस सिस्टम (ADAS) दिया गया है। इसमें अडेप्टिव क्रूज कंट्रोल, लेन कीप असिस्ट, ब्लाइंड स्पॉट मॉनिटरिंग और ऑटोमैटिक इमरजेंसी ब्रेकिंग जैसे फीचर्स शामिल हैं। इसके अलावा बेहतर ब्रेकिंग के लिए इसमें 296 GTB से इन्स्पायर्ड ABS इवो कंट्रोल यूनिट दी गई है।

दैनिक भास्कर 17 Jul 2026 2:29 pm

अमेरिका को टक्कर देने आया चीन का AI मॉडल:किमी K3 में इंसानों जैसी आंखें और दिमाग; कोडिंग और रिसर्च मिनटों में करेगा

चीनी कंपनी मूनशॉट AI ने अपना नया AI मॉडल किमी K3 पेश किया है। कंपनी का दावा है कि यह 2.8 ट्रिलियन पैरामीटर्स वाला दुनिया का पहला ओपन मॉडल है। इसमें 1 मिलियन टोकन की कॉन्टेक्स्ट विंडो दी गई है। पिछले मॉडल किमी K2 की तुलना में इसकी स्केलिंग दक्षता करीब 2.5 गुना बेहतर है। इसे एक सरल उदाहरण से समझते हैं: मान लीजिए एआई मॉडल एक इंसानी दिमाग की तरह है, जिसे एक बहुत बड़ी परीक्षा की तैयारी करनी है। 1. पैरामीटर्स क्या हैं? पैरामीटर्स को आप एआई का 'अनुभव' मान सकते हैं। एक बच्चा जब बड़ा होता है, तो वह जितनी ज्यादा बातें सीखता है, उसका दिमाग उतना ही तेज चलता है। एआई की दुनिया में जिस मॉडल के पास जितने ज्यादा पैरामीटर्स होते हैं, वह उतना ही समझदार माना जाता है। 28 लाख करोड़ पैरामीटर्स होने का मतलब है कि इस मॉडल का दिमाग बेहद विशाल है और यह बहुत ही पेचीदा और मुश्किल सवालों को इंसानों की तरह समझकर हल कर सकता है। 2. 3T क्लास क्या है? यहां 'T' का मतलब है ट्रिलियन। चूंकि इस मॉडल में 2.8 ट्रिलियन पैरामीटर्स हैं, जो कि 3 ट्रिलियन (3.0T) के बेहद करीब है, इसलिए इसे '3T क्लास' का मॉडल कहा गया है। एआई की दुनिया में 3T क्लास में पहुंचना एक बहुत बड़ी उपलब्धि है, क्योंकि इतने बड़े मॉडल अब तक सिर्फ अमेरिका की ओपन एआई जैसी चुनिंदा कंपनियों के पास ही थे। 3. 1 मिलियन टोकन की कॉन्टेक्स्ट विंडो क्या है? कॉन्टेक्स्ट विंडो का मतलब है एआई की 'याददाश्त' या एक बार में पढ़ने की क्षमता। जब आप एआई से चैट करते हैं, तो वह एक बार में कितना लंबा पैराग्राफ या दस्तावेज याद रख सकता है, यही उसकी कॉन्टेक्स्ट विंडो है। उदाहरण: एक आम एआई मॉडल को अगर आप 5-10 पन्ने देंगे, तो वह उसे पढ़ लेगा, लेकिन पूरी किताब देने पर उसके हाथ-पैर फूल जाएंगे। किमी K3 की 10 लाख टोकन की क्षमता का मतलब है कि आप इसे पूरी की पूरी मोटी किताब, हजारों लाइनों का कंप्यूटर कोड या साल भर की बैंक स्टेटमेंट एक साथ दे दीजिए; यह एक सेकंड में उस पूरी जानकारी को दिमाग में रखकर आपको उसका सटीक विश्लेषण करके दे देगा। 4. स्केलिंग दक्षता 2.5 गुना बेहतर होने का क्या मतलब है? 'स्केलिंग दक्षता 2.5 गुना बेहतर' होने का मतलब है कि मूनशॉट कंपनी ने अपने सॉफ्टवेयर को इतना कुशल बना दिया है कि यह अपने पिछले मॉडल के मुकाबले ढाई गुना कम कंप्यूटर पावर और खर्चे में, उससे कहीं ज्यादा तेजी से और बड़ा काम कर सकता है। 5. 'ओपन मॉडल' होने का क्या फायदा है? अब तक अमेरिका की कंपनियां अपने इतने बड़े मॉडल्स को छुपाकर रखती हैं। इसे क्लोज्ड मॉडल कहते हैं। वे सिर्फ आपको इस्तेमाल करने देती हैं, लेकिन यह नहीं बतातीं कि इसे अंदर से कैसे बनाया गया है। चीन की कंपनी ने इसे 'ओपन मॉडल' रखा है। इसका मतलब है कि वह इस शक्तिशाली दिमाग की 'ब्लूप्रिंट' दुनिया भर के सॉफ्टवेयर डेवलपर्स और वैज्ञानिकों के लिए मुफ्त या खुले तौर पर जारी कर देगी। इससे दुनिया का कोई भी आम इंजीनियर इस एआई को लेकर अपने हिसाब से बदल सकता है, नया ऐप बना सकता है या अपने काम में इस्तेमाल कर सकता है। मूनशॉट 27 जुलाई को ओपन करेगा अपना सीक्रेट फॉर्मूला मूनशॉट AI ने ब्लॉग में बताया कि Kimi K3 को 'किमी डेल्टा अटेंशन' और 'अटेंशन रेजिड्यूल्स' पर बनाया गया है। इसमें नेटिव विजन क्षमताएं भी हैं। यह मॉडल कोडिंग, नॉलेज वर्क और रीजनिंग जैसे जटिल कामों के लिए डिजाइन किया गया है। कंपनी के अनुसार, इसके फुल मॉडल वेट्स 27 जुलाई तक जारी कर दिए जाएंगे। 1. 'किमी डेल्टा अटेंशन' और 'अटेंशन रेजिड्यूल्स' क्या है? उदाहरण से समझिए: जब आप कोई बहुत मोटी किताब पढ़ते हैं, तो क्या आप हर एक शब्द पर बराबर ध्यान देते हैं? नहीं। आपका दिमाग केवल मुख्य शब्दों और जरूरी लाइनों पर 'अटेंशन' देता है और फालतू शब्दों को छोड़ देता है। फायदा: मूनशॉट AI ने 'किमी डेल्टा अटेंशन' और 'अटेंशन रेजिड्यूल्स' नाम का जो नया फॉर्मूला बनाया है, वह इस एआई को यही सुपर पावर देता है। जब आप इसे बहुत बड़ा काम या लाखों शब्दों की फाइल देते हैं, तो यह तकनीक एआई के दिमाग को भटकने नहीं देती। यह केवल सबसे जरूरी पॉइंट पर फोकस करती है और पुरानी पढ़ी हुई बातों का 'असर' (रेजिड्यूल्स) दिमाग में बनाए रखती है। इससे एआई बिना थके और बिना गलती किए बहुत तेजी से काम कर लेता है। 2. ‘नेटिव विजन क्षमताएं’ क्या हैं? उदाहरण से समझिए: पहले के एआई सिर्फ टेक्स्ट समझ सकते थे। अगर आप उन्हें फोटो दिखाते, तो उन्हें पहले उस फोटो को शब्दों में बदलना पड़ता था, तब वो समझ पाते थे। लेकिन 'नेटिव विजन' का मतलब है कि Kimi K3 के पास देखने की क्षमता है। फायदा: आप इसे कोई फोटो, कोई पेचीदा ग्राफ, मेडिकल स्कैन (जैसे एक्स-रे या एमआरआई) या कोई वीडियो दिखाएंगे, तो यह उसे इंसानी आंखों की तरह देखकर तुरंत समझ जाएगा और उस पर आपके सवालों के जवाब दे देगा। 3. कोडिंग, नॉलेज वर्क और रीजनिंग का क्या मतलब है? कंपनी का कहना है कि यह मॉडल तीन बड़े काम करेगा: लॉन्ग-होराइजन कोडिंग : इसका मतलब सिर्फ छोटा-मोटा कोड लिखना नहीं है। यह सॉफ्टवेयर इंजीनियरों की तरह एक साथ हजारों लाइनों का पूरा का पूरा बड़ा कंप्यूटर प्रोग्राम या ऐप खुद लिख सकता है और उसमें कमियां ढूंढकर ठीक कर सकता है। नॉलेज वर्क: यह रिसर्चर्स, वैज्ञानिकों और बड़े वकीलों की तरह काम कर सकता है। सालों पुरानी फाइलों को खंगालना, बड़े कानूनी मामलों का विश्लेषण करना या किसी विषय पर पूरी रिसर्च रिपोर्ट तैयार करना इसके लिए चुटकियों का काम है। रीजनिंग: इसका मतलब है 'सोचने-समझने और तर्क करने की क्षमता'। यह सिर्फ रटी-रटाई बातें नहीं बताएगा, बल्कि इंसानों की तरह गणित के मुश्किल सवालों या बिजनेस की उलझनों में 'अगर-मगर' लगाकर सही फैसला लेने में मदद करेगा। अमेरिका के लेटेस्ट AI मॉडल्स से पीछे है Kimi K3 कंपनी ने माना कि Kimi K3 का प्रदर्शन अमेरिका के क्लॉड फेबल 5 और GPT 5.6 Sol जैसे मॉडल्स से पीछे है। हालांकि, कई बेंचमार्क टेस्ट में इसने अमेरिका के पुराने मॉडल्स को पीछे छोड़ दिया है। मूनशॉट AI को चीनी कंपनी अलीबाबा और टेनसेंट का समर्थन हासिल है। चीनी फर्मों ने 24 हजार फर्जी अकाउंट बनाकर चुराया डेटा इसी बीच, अमेरिकी कंपनियों ने चीनी फर्मों के सस्ते में मॉडल जारी करने पर चिंता जताई है। एंथ्रोपिक ने आरोप लगाया है कि डीपसीक, मूनशॉट और मिनीमैक्स ने उनके मॉडल की क्षमताओं को अवैध रूप से निकालने के लिए बड़े पैमाने पर अभियान चलाए। एंथ्रोपिक के मुताबिक, करीब 24,000 फर्जी खातों से 1.6 करोड़ बार क्लॉड का इस्तेमाल किया गया।

दैनिक भास्कर 17 Jul 2026 12:41 pm

एयर इंडिया का नया एप लॉन्च:फ्लाइट लेट या कैंसिल होने पर होम स्क्रीन पर फ्री होटल-कैब की डिटेल मिलेगी, पेमेंट भी आसान होगा

एअर इंडिया ने सफर आसान बनाने के लिए अपने मोबाइल एप को नए फीचर्स के साथ अपडेट किया है। अब इस एप के जरिए न केवल टिकट बुकिंग पहले से कहीं ज्यादा तेजी से होगी, बल्कि फ्लाइट लेट या कैंसिल होने पर यात्रियों को एयरपोर्ट पर परेशान नहीं होना पड़ेगा। ऐसी किसी भी स्थिति में होटल में ठहरने और वहां तक जाने के लिए कैब की पूरी जानकारी सीधे एप की होम स्क्रीन पर ही मिलेगी। इसके साथ ही एप के पेमेंट सिस्टम को भी अपग्रेड किया गया है, जिससे टिकट बुक करना और पेमेंट करना पहले से कहीं ज्यादा आसान हो गया है। इन-हाउस बुकिंग इंजन से तेजी से बुक होंगे टिकट हर दिन 1 लाख से ज्यादा लोग करते हैं एप का इस्तेमाल एअर इंडिया के मुताबिक, एप अब तक करीब 1.7 करोड़ बार डाउनलोड किया जा चुका है। इसके साथ ही, रोजाना 1 लाख से ज्यादा यात्री अपनी यात्रा से जुड़े कामों के लिए इसका इस्तेमाल कर रहे हैं। कंपनी का मानना है कि नया अपग्रेड ग्राहकों की जरूरतों पर तुरंत रिस्पॉन्स देने में मदद करेगा। टाटा ने अब तक 140 से ज्यादा डिजिटल सिस्टम बदले घाटे में चल रही एअर इंडिया को जनवरी 2022 में टाटा ग्रुप ने खरीदा था। इसके बाद से ही एयरलाइन के कायाकल्प के लिए एक बड़ा ट्रांसफॉर्मेशन प्लान चलाया जा रहा है। टाटा ग्रुप के टेकओवर करने के बाद से अब तक कंपनी के 140 से अधिक डिजिटल सिस्टम्स को पूरी तरह से आधुनिक और अपग्रेड किया जा चुका है। एप का यह नया अपडेट भी इसी डिजिटल सुधार प्रक्रिया का एक अहम हिस्सा है। ------------------------- ये खबर भी पढ़ें… एअर इंडिया दुनिया की चौथी ऑन-टाइम एयरलाइन बनी: जून में 86.85% फ्लाइट्स टाइम पर पहुंचीं; सिंगापुर एयरलाइंस और एमिरेट्स को पीछे छोड़ा टाटा ग्रुप की एअर इंडिया दुनिया की चौथी सबसे पंक्चुअल (समय की पाबंद) एयरलाइंस बन गई है। एविएशन एनालिटिक्स फर्म सिरियम की जून 2026 की रिपोर्ट के मुताबिक, एअर इंडिया की लगभग 86.85% फ्लाइट्स यानी 100 में से 87 उड़ानें बिल्कुल तय समय पर पहुंची हैं। टाटा ग्रुप की स्वामित्व वाली एयरलाइन ने जून महीने में अपनी कुल 15,135 उड़ानें ऑपरेट कीं। एअर इंडिया ने सिंगापुर एयरलाइंस और एमिरेट्स को पीछे छोड़ा है। एविएशन के नियमों के मुताबिक, कोई फ्लाइट अपने तय समय से 15 मिनिट में उड़ान भर लेती है, तो उसे राइट टाइम माना जाता है। पूरी खबर पढ़ें…

दैनिक भास्कर 17 Jul 2026 9:57 am

इंस्टाग्राम पर फर्जी कॉपीराइट स्ट्राइक का खेल:एडिट फीचर से बैकडेट की जा रहीं पोस्ट; दिल्ली हाई कोर्ट पहुंचे दो डिजिटल क्रिएटर्स

इंस्टाग्राम पर ओरिजिनल कंटेंट बनाने वाले क्रिएटर्स को निशाना बनाने के लिए मेटा के कॉपीराइट सिस्टम का गलत इस्तेमाल किया जा रहा है। अज्ञात लोग फेसबुक के एडिट फीचर का इस्तेमाल कर पोस्ट की तारीख बैकडेट में कर देते हैं और फिर असली क्रिएटर्स के कंटेंट पर फर्जी कॉपीराइट स्ट्राइक भेज रहे हैं। इस खेल के खिलाफ दो बड़े डिजिटल क्रिएटर्स पुष्कर राज ठाकुर और नीरज जोशी ने दिल्ली हाई कोर्ट में कॉमर्शियल सूट फाइल किया है। क्रिएटर्स ने कोर्ट में क्या आरोप लगाए? फाइनेंशियल एजुकेटर पुष्कर राज ठाकुर और डिजिटल क्रिएटर नीरज जोशी ने अलग-अलग दायर याचिकाओं में गंभीर आरोप लगाए हैं। उनका कहना है कि कुछ अज्ञात लोग ओरिजिनल क्रिएटर्स को परेशान करने और उनके अकाउंट बंद कराने की धमकी देने के लिए फर्जी कॉपीराइट स्ट्राइक को हथियार बना रहे हैं। इस सिस्टम के चलते उनके ओरिजिनल कंटेंट को डिलीट करने या उनके इंस्टाग्राम अकाउंट को सस्पेंड/डिलीट करने का खतरा पैदा हो गया है। मेटा के ऑटोमेटेड सिस्टम पर उठे सवाल क्रिएटर्स का तर्क है कि मेटा का ऑटोमेटेड कॉपीराइट सिस्टम बिना किसी गहन जांच के काम कर रहा है। यह सिस्टम वीडियो के असली क्रिएटर, मेटाडेटा, एडिट हिस्ट्री या वास्तविक पब्लिशिंग क्रोनोलॉजी (अपलोड करने का सही समय) की जांच किए बिना ही स्ट्राइक की शिकायतों पर एक्शन ले लेता है। पुष्कर राज ठाकुर ने बताया कि इस फर्जी खेल की वजह से उनके दर्जनों वीडियो को हटा दिया गया, डिसेबल किया गया या रिस्ट्रिक्ट कर दिया गया। हैरानी की बात यह है कि मेटा ने ठाकुर को अपने 'राइट्स मैनेजर' टूल का एक्सेस देने से मना कर दिया, जबकि जालसाज इसी टूल का इस्तेमाल कर उनके खिलाफ लगातार फर्जी स्ट्राइक भेजते रहे। नीरज जोशी के केस में कोर्ट का आदेश डिजिटल क्रिएटर नीरज जोशी के मामले में 9 जुलाई को जस्टिस ज्योति सिंह की कोर्ट में सुनवाई हुई। कोर्ट ने मेटा के उस बयान को रिकॉर्ड किया, जिसमें कंपनी ने कहा कि अगर जोशी का अकाउंट अभी तक स्थायी रूप से बंद नहीं हुआ है, तो वे इन आरोपों की जांच करेंगे और उनके वेरिफाइड इंस्टाग्राम अकाउंट (@Neerajjoshi5014) को सुरक्षित रखेंगे। इसके साथ ही कोर्ट ने मेटा को निर्देश दिया है कि वह तीन हफ्ते के भीतर नीरज जोशी को संबंधित बेसिक सब्सक्राइबर इंफॉर्मेशन (BSI) और आईपी (IP) लॉग उपलब्ध कराए। इन जानकारियों से उन अज्ञात लोगों की पहचान करने में मदद मिल सकती है जो उनके अकाउंट के साथ छेड़छाड़ कर रहे हैं। मामले में समन जारी कर दिए गए हैं और जोशी की अंतरिम रोक वाली अर्जी पर अगली सुनवाई 5 अगस्त को होगी। पुष्कर राज ठाकुर के केस में क्या हुआ? जस्टिस तुषार राव गेडेला ने 29 मई को पुष्कर राज ठाकुर की याचिका पर सुनवाई करते हुए मेटा से पूछा था कि उसने अपने प्लेटफॉर्म के इस तरह के दुरुपयोग को रोकने के लिए क्या कदम उठाए हैं या वह क्या उपाय कर सकती है। इसके बाद 1 जुलाई को यह मामला जस्टिस अनूप जयराम भंभानी के सामने आया। सुनवाई के दौरान मेटा ने कोर्ट को आश्वासन दिया कि अगली सुनवाई तक ठाकुर के वीडियो को कॉपीराइट स्ट्राइक के आधार पर नहीं हटाया जाएगा। साथ ही बार-बार आ रही कॉपीराइट स्ट्राइक की वजह से उनका अकाउंट भी बंद नहीं किया जाएगा। मेटा ने यह भी सहमति दी कि जैसे ही ठाकुर उन्हें हटाए गए वीडियो के यूआरएल (URLs) सौंपेंगे, वे उन वीडियो को रिस्टोर कर देंगे। कोर्ट ने इन आश्वासनों को दर्ज करते हुए मामले की अगली सुनवाई 17 जुलाई तय की है। क्रिएटर्स ने मेटा से मांगा ₹2 करोड़ का मुआवजा पुष्कर राज ठाकुर ने कोर्ट से मांग की है कि मेटा को उनके ओरिजिनल कंटेंट को ऐसे फर्जी और बैकडेटेड दावों के आधार पर हटाने से रोका जाए। उन्होंने कंपनी को राइट्स मैनेजर टूल के भीतर केवाईसी (KYC) सुरक्षा उपाय, टाइमस्टैम्प सुरक्षा, मेटाडेटा वेरिफिकेशन और एंटी-मैनिपुलेशन प्रोटोकॉल लागू करने के निर्देश देने की भी मांग की है। इसके अलावा, ठाकुर ने उनके फॉलोअर्स घटने, मोनेटाइजेशन के मौके गंवाने, स्पॉन्सरशिप के नुकसान और उनकी कॉमर्शियल साख को ठेस पहुंचने के एवज में मेटा और अज्ञात जालसाजों से लगभग ₹2 करोड़ के हर्जाने की मांग की है। इस तरह के मामलों ने डिजिटल क्रिएटर्स के बीच चिंता बढ़ा दी है, क्योंकि ओरिजिनल कंटेंट की सुरक्षा के लिए बने कॉपीराइट टूल्स का इस्तेमाल अब खुद क्रिएटर्स को निशाना बनाने के लिए किया जा रहा है। इस विषय को लेकर दिल्ली हाई कोर्ट में एक जनहित याचिका (PIL) भी पेंडिंग है। क्या है मेटा का राइट्स मैनेजर और कॉपीराइट स्ट्राइक ये खबर भी पढ़ें… IRCTC की नई टिकट बुकिंग वेबसाइट लॉन्च: सभी क्लास की सीटें एकसाथ दिखेंगी, फास्टर चेकआउट' फीचर मिलेगा; कैप्चा नहीं भरना होगा भारतीय रेलवे की ऑनलाइन टिकट बुकिंग वेबसाइट IRCTC का नया वर्जन लॉन्च कर दिया गया है। इस अपग्रेड का मुख्य मकसद हर दिन टिकट बुक करने वाले लाखों यात्रियों के अनुभव को आसान और तेज बनाना है। अभी नई वेबसाइट का बीटा वर्जन लॉन्च किया गया है, यानी आम यात्रियों से फीडबैक के आधार पर इस वेबसाइट में बदलाव किया जाएगा। पूरी खबर पढ़ें…

दैनिक भास्कर 16 Jul 2026 2:41 pm