मेरठ के चर्चित ब्लूड्रम सौरभ हत्याकांड में सारी गवाहियां आज मंगलवार को पूरी हो चुकी हैं। गवाहों के बयानों पर जिरह पूरी होने के बाद अब मुकदमे में 313 की प्रोसिडिंग शुरू होगी। अगली सुनवाई 15 अप्रैल को होगी। इस सुनवाई पर हत्याकांड के दोनों आरोपी सौरभ की पत्नी मुस्कान और मुस्कान के प्रेमी साहिल को कोर्ट में जिला जज के सामने पेश होना पड़ेगा।ट्रायल पर चल रहे इस केस में 15 अप्रैल को पहली बार मुस्कान-साहिल कोर्ट में जज के सामने फिजिकली प्रजेंट होंगे। इससे पहले 19 मार्च 2025 को मुस्कान-साहिल को कोर्ट में लाया गया था। इस दौरान कचहरी में वकीलों ने दोनों पर हमला कर दिया था। पुलिस ने किसी तरह मुस्कान-साहिल को वकीलों से बचाकर जेल भेजा था। पहली बार कोर्ट में आएंगे मुस्कान-साहिलदोनों के सुरक्षा कारणों को देखते हुए मुस्कान-साहिल को मिली सरकारी वकील रेखा जैन और थानापुलिस ने कोर्ट से अपील की थी कि मुस्कान-साहिल को कोर्ट में न बुलाया जाए। बल्कि जेल से ही वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिए उनकी पेशी कराई जाए। इसके बाद अदालत ने मुस्कान-साहिल को वीसी के जरिए पेशी की इजाजत दी थी। दोनों को हर बार वीसी के माध्यम से जोड़कर सुनवाई में शामिल किया गया। गवाहों से उनकी तस्दीक भी अॉनलाइन ही कराई जा रही थी। लेकिन अब दोनों को अदालत के सामने फिजिकली पेश होकर सवालों के जबाव देने पड़ेंगे। अपना पक्ष रखना पड़ेगा। बता दें कि मुस्कान-साहिल दोनों जिला जेल में बंद हैं। मुस्कान महिला बैरक और साहिल पुरुष बैरक में बंदियों के साथ बंद है। 15 अप्रैल को दोनों ही आरोपी पहली बार अदालत में पेश होकर अपनी सफाई जज के सामने पेश करेंगे। इस दौरान दोनों का लंबे समय बाद एकदूसरे से आमना सामना होगा। 5 महीने की बेटी को कोर्ट लेकर आएगीबता दें कि 17 मार्च 2025 से जिला जेल में बंद मुस्कान ने 23 नवंबर 2025 को एक बेटी को जेल में ही जन्म दिया है। इस समय मुस्कान की बेटी केवल 5 महीने की है। ऐसे हालात में मुस्कान बच्ची को छोड़कर कोर्ट में कैसे आएगी। मुस्कान अपनी 5 महीने की बच्ची के साथ कोर्ट में साथ लेकर पेशी के लिए आएगी।
भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष पंकज चौधरी का 10 अप्रैल को कानपुर आगमन प्रस्तावित है। उनके दौरे को लेकर कानपुर-बुंदेलखंड क्षेत्र में तैयारियां शुरू कर दी गईं हैं। इसी क्रम में मंगलवार को क्षेत्रीय मुख्यालय पर क्षेत्रीय अध्यक्ष प्रकाश पाल की अध्यक्षता में बैठक आयोजित की गई, जिसमें क्षेत्रीय पदाधिकारी, जिलाध्यक्ष और अन्य पदाधिकारी मौजूद रहे। बैठक में प्रदेश अध्यक्ष के स्वागत और कार्यक्रम को सफल बनाने के लिए विस्तृत रणनीति तैयार की गई। जाजमऊ पुल पर भव्य स्वागत से लेकर क्षेत्रीय कार्यालय में होने वाली बैठक तक की रूपरेखा पर चर्चा की गई। साथ ही कार्यक्रम की विभिन्न व्यवस्थाओं के लिए पदाधिकारियों को अलग-अलग जिम्मेदारियां सौंपी गईं। क्षेत्रीय अध्यक्ष प्रकाश पाल ने कहा कि प्रदेश अध्यक्ष का यह दौरा संगठन के लिए महत्वपूर्ण है, इसलिए सभी पदाधिकारी अपनी जिम्मेदारियों को गंभीरता और सक्रियता के साथ निभाएं, ताकि कार्यक्रम ऐतिहासिक बन सके।मीडिया प्रभारी अनूप अवस्थी ने बताया कि पंकज चौधरी 10 अप्रैल को दोपहर 1 बजे जाजमऊ पुल पहुंचेंगे, जहां कार्यकर्ता उनका भव्य स्वागत करेंगे। इसके बाद वे भाजपा क्षेत्रीय कार्यालय पहुंचकर कानपुर-बुंदेलखंड क्षेत्र के जिलाध्यक्षों, जिला प्रभारियों और मंडल प्रवासियों की बैठक को संबोधित करेंगे।बैठक में अनीता गुप्ता, सुनील तिवारी, पवन प्रताप सिंह, शिवराम सिंह, उपेंद्र पासवान, अनिल दीक्षित, रीता शास्त्री और भूपेंद्र त्रिपाठी सहित कई पदाधिकारी मौजूद रहे।
स्पेन के मैड्रिड में आयोजित रियल मैड्रिड फाउंडेशन वर्ल्ड चैलेंज में भारत की अंडर-12 फुटबॉल टीम ने चैंपियन का खिताब जीता है। गुरुग्राम के कॉन्शिएंट स्पोर्ट्स द्वारा प्रतिनिधित्व की गई इस टीम ने प्रतिष्ठित टूर्नामेंट में शानदार प्रदर्शन किया। बता दे कि यह आयोजन रियल मैड्रिड के प्रसिद्ध ट्रेनिंग कॉम्प्लेक्स में हुआ, जिसे दुनिया के शीर्ष युवा फुटबॉल आयोजनों में से एक माना जाता है। कॉन्शिएंट स्पोर्ट्स, जिसकी स्थापना 2010 में हुई थी, पिछले 15 वर्षों से भारत में आधुनिक और अंतरराष्ट्रीय स्तर की फुटबॉल ट्रेनिंग को बढ़ावा दे रहा है। संस्था बच्चों का कर रही सर्वांगीण विकास संस्था बच्चों के सर्वांगीण विकास, अनुशासित कोचिंग और वैश्विक एक्सपोजर पर केंद्रित है। 2024 में रियल मैड्रिड फाउंडेशन के साथ साझेदारी के बाद, यह कार्यक्रम देशभर में 7,000 से अधिक युवा खिलाड़ियों को प्रशिक्षित कर रहा है। अंडर-12 टीम ने बेहतरीन खेल का प्रदर्शन किया टूर्नामेंट में भारत की अंडर-12 टीम ने बेहतरीन खेल का प्रदर्शन किया। फाइनल मुकाबले में टीम ने ब्राजील को 3-0 से हराकर ऐतिहासिक जीत दर्ज की। यह पहली बार है जब किसी भारतीय टीम ने इस स्तर के अंतरराष्ट्रीय ग्रासरूट टूर्नामेंट में खिताब हासिल किया है, जिससे भारतीय फुटबॉल को वैश्विक मंच पर नई पहचान मिली है। 80 से अधिक टीमों ने लिया भाग ईस्टर सप्ताह के दौरान आयोजित इस टूर्नामेंट में अंडर-10, अंडर-12 और अंडर-14 श्रेणियों में 80 से अधिक टीमों और 1,000 से ज्यादा खिलाड़ियों ने भाग लिया। यह आयोजन युवा खिलाड़ियों को उन्हीं मैदानों पर खेलने का अवसर प्रदान करता है, जहां किलियन एम्बाप्पे और विनिसियस जूनियर जैसे दिग्गज खिलाड़ी खेल चुके हैं। अंडर-14 टीम ने भी टूर्नामेंट में शानदार प्रदर्शन किया भारत की अंडर-14 टीम ने भी टूर्नामेंट में शानदार प्रदर्शन किया और सेमीफाइनल तक का सफर तय किया। उन्हें इटली के खिलाफ एक रोमांचक मुकाबले में हार का सामना करना पड़ा। भारतीय टीमों ने स्पेन, जर्मनी, ब्राजील, उरुग्वे और अमेरिका सहित कई मजबूत टीमों को कड़ी टक्कर दी, जिससे टूर्नामेंट में भारत की मजबूत उपस्थिति दर्ज हुई।
आगरा के एत्मादपुर के रहनकला-रायपुर में एडीए के ग्रेटर आगरा का मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने वैदिक मंत्रोच्चार के साथ विधिवत भूमिपूजन और शिलान्यास किया गया। मुख्यमंत्री ने बटन दबाकर 5142.00 करोड़ रुपए से आवासीय टाउनशिप और विभिन्न विभागों की 1324 करोड़ रुपए से जनपद की 324 परियोजनाओं का लोकार्पण किया। 10 नदियों के नाम पर टाउनशिपमुख्यमंत्री ने कहाकि ग्रेटर आगरा आवासीय योजना में सनातन धर्म की सभी 10 पवित्र नदियों के नाम पर टाउनशिप बसाई जाएंगी। उन्होंने कहा कि यह जमीन अब दूसरा नोएडा बन जायेगा। आवासीय टाउनशिप के साथ यहां कई ब्रिज बनेंगे। पर्यटन विकास की योजनायें आएंगी। नये इंस्टीट्यूट खुलेगें। आधुनिक सड़कें, हास्पीटल, नगरीय विकास की योजनायें आदि आयेंगी। इससे आगरा स्मार्ट के साथ सेफ आगरा के रूप में स्थापित होगा। इस टाउनशिप में 10 हजार से अधिक परिवार रहेंगे। इसमें गरीब भी, उद्यमी भी सभी के लिए आवास हैं। हमारी सरकार में आगरा के पेठा को ओडीओपी में लाकर विश्व स्तर पर पहचान दी। माफिया को मिट्टी में मिला दियासीएम ने कहाकि हमारी सरकार लोक कल्याण के साथ नौजवानों को नौकरी भी देती है। विकास भी और विरासत भी को साथ लेकर कार्य करती है। आज माफियाओं को मिट्टी में मिला दिया गया है। अब कोई विधायक राजूपाल तथा उमेश पाल की हत्या को सोच भी नहीं सकता। जातिवादी पार्टियां जाति के नाम पर बांटती हैं। विकास का पैसा हजम करती हैं। आज माता, बहनों व व्यपारियों की सुरक्षा ही नहीं, अब कोई गलत नजर भी नहीं डाल सकता। उन्होंने कहा कि ऐसी पार्टियां महापुरूषों को जाति में बांटकर समाज की एकता को खण्डित करना चाहती हैं। उन्होंने कहा कि महाराणाप्रताप, राणासांगा देश के लिए बलिदान दिया। महाराज सूरजमल ने लाल किला में भूसा भर दिया। लोकमाता अहिल्याबाई ने उत्तर से दक्षिण, पूरब से पश्चिम तक सभी आस्था के स्थलों, तीर्थों, मन्दिरों को पुनर्जीवित कर सनातन के गौरव को पुनर्जीवित करने का कार्य किया। इस साल करेंगे कई लोकार्पणसीएम ने कहाकि यह समय बटनें का नहीं एकजुट होकर विश्व मंच पर आगे बढ़ने का है। उन्होंने कहाकि ग्रेटर आगरा के बाद जल्द ही सिविल टर्मिनल, मेट्रो के दूसरे फेज- टू और छत्रपति शिवाजी म्यूजियम के लोकार्पण के लिए आएंगे। उन्होंने मंच से घोषणा करते हुए कहा कि डीपीआर मिलते ही आगरा में यमुना नदी पर डाउन स्ट्रीम में रबर डैम बनाया जाएगा। हमने जो मांगा, आपने दियामुख्यमंत्री ने कहाकि पिछले 9 वर्षों में हमने जो मांगा आपने हमें दिया। सभी नौ विधायक, महापौर, जिला पंचायत, सभी सांसद, विधायक, एमएलसी दिए। उसी का परिणाम है कि आज आगरा में मेट्रो, गंगाजल जिसे लोग कल्पना की चीज मानते थे, वह भी मिला। जल्द ही एयरपोर्ट सिविल टर्मिनल भी आपका अपना होगा। उन्होंने आगरा को लोकार्पित, शिलान्यास की गई योजनाओं की बधाई देते हुए कहा कि विकास के लिए आप जो कहेंगे वो मिलेगा।
बस्ती में बाइक की टक्कर से किशोरी की मौत:इलाज के दौरान तोड़ा दम, सड़क पार करते समय हुआ था हादसा
बस्ती में सड़क हादसे में 14 साल की किशोरी की मौत हो गई। मुंडेरवा थाना क्षेत्र में सड़क पार करते समय एक अज्ञात बाइक सवार ने उसे टक्कर मार दी थी। गंभीर रूप से घायल किशोरी ने इलाज के दौरान दम तोड़ दिया। मंगलवार शाम करीब 5:30 बजे हुई। मुंडेरवा थाना क्षेत्र के बेहिल गांव निवासी वीरेंद्र की पुत्री दीपिका (14) खड़ौहा गांव के पास गेहूं की कटाई के दौरान पानी लेने के लिए सड़क पार कर रही थी। इसी दौरान महादेवा की ओर से आ रहे एक तेज रफ्तार अज्ञात बाइक सवार ने उसे जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि दीपिका सड़क पर गिरकर गंभीर रूप से घायल हो गई। हादसे के बाद बाइक सवार मौके से फरार हो गया। आसपास मौजूद ग्रामीणों ने तत्काल दीपिका को प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र बनकटी पहुंचाया। बनकटी में चिकित्सकों ने उसकी नाजुक हालत को देखते हुए उसे ओपेक चिकित्सालय कैली, बस्ती रेफर कर दिया। हालांकि, उपचार के दौरान दीपिका ने दम तोड़ दिया।
डीएवी प्रोफेसर डॉ. दिवाकर पटेल बने लेफ्टिनेंट:तीन माह का सैन्य प्रशिक्षण पूरा कर कॉलेज का मान बढ़ाया
कानपुर के प्रतिष्ठित डीएवी कॉलेज के रक्षा एवं स्ट्रेटेजिक अध्ययन विभाग में कार्यरत असिस्टेंट प्रोफेसर डॉ. दिवाकर पटेल ने तीन माह का कठोर सैन्य प्रशिक्षण सफलतापूर्वक पूरा कर लेफ्टिनेंट की रैंक हासिल की है। उनकी इस उपलब्धि से महाविद्यालय परिवार में खुशी और गर्व का माहौल है। डॉ. पटेल ने ऑफिसर्स ट्रेनिंग अकादमी (ओटीए) में आयोजित इस विशेष प्रशिक्षण कार्यक्रम में भाग लिया। यह प्रशिक्षण एनसीसी अधिकारियों को अनुशासित, दक्ष और नेतृत्व क्षमता से परिपूर्ण बनाने के उद्देश्य से डिजाइन किया गया था। प्रशिक्षण के दौरान उन्होंने ड्रिल, हथियार संचालन, मैप रीडिंग, फील्ड एवं बैटल क्राफ्ट, शारीरिक प्रशिक्षण, आपदा प्रबंधन और व्यक्तित्व विकास जैसे महत्वपूर्ण विषयों में उत्कृष्ट प्रदर्शन किया। इसके अतिरिक्त, ग्रुप डिस्कशन, आउटडोर एक्सरसाइज और प्रैक्टिकल सत्रों के माध्यम से उनकी निर्णय क्षमता, टीमवर्क और मानसिक दृढ़ता को भी विकसित किया गया। लेफ्टिनेंट की रैंक मिलने पर डॉ. दिवाकर पटेल ने महाविद्यालय के प्प्राचार्य प्रो. अरुण कुमार दीक्षित का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि इस प्रशिक्षण से मिले अनुभव का उपयोग वे एनसीसी कैडेट्स को बेहतर मार्गदर्शन देने और उनमें अनुशासन, नेतृत्व तथा राष्ट्रसेवा की भावना विकसित करने में करेंगे। डॉ. पटेल की इस उपलब्धि पर महाविद्यालय प्रशासन ने कॉलेज सभागार में एक सम्मान समारोह आयोजित किया। इस अवसर पर विभागाध्यक्षों, शिक्षकों, कर्मचारियों और अन्य सदस्यों ने भाग लिया। प्राचार्य प्रो. अरुण कुमार दीक्षित ने डॉ. दिवाकर पटेल को माला पहनाकर सम्मानित किया। महाविद्यालय परिवार ने बताया कि डीएवी कॉलेज अपने शिक्षकों और विद्यार्थियों की उपलब्धियों के माध्यम से लगातार नई ऊंचाइयों को छू रहा है।
कानपुर में किडनी कांड के बाद स्वास्थ विभाग की कार्रवाई लगातार जारी है। मंगलवार को एसीएमओ ने दो हॉस्पिटल को सील कर अन्य को नोटिस जारी कर दिया। इस दौरान कई हॉस्पिटल की ओटी को भी सील करते हुए तीन दिन में नोटिस का जवाब मांगा है।दरअसल, कल्याणपुर में किडनी काण्ड के मामले ने पूरे प्रदेश को हिला दिया। कल्याणपुर में बड़े पैमाने पर प्राइवेट हॉस्पिटल में किडनी ट्रांसप्लांट का खेल चल रहा था। जब इसका मामले का खुलासा हुआ तो कई बड़े व हॉस्पिटल भी जांच के दायरे में आ गए। उनको सील की कार्रवाई की गई। सोमवार को भी कल्याणपुर के 15 हॉस्पिटलो में स्वास्थ्य विभाग की टीम ने छापेमारी की थी। इसके बाद तीन हॉस्पिटलों को सीज कर दिया गया था और 13 हॉस्पिटल को नोटिस दिया गया था। इसमें कल 10 हॉस्पिटलों की ओटी को सील किया गया था। मंगलवार को दोबारा एसीएमओ डॉ. रमित रस्तोगी ने कल्याणपुर के प्राइवेट अस्पतालों में छापेमारी की। इस दौरान उन्होंने 11 हॉस्पिटल में छापा मारा। सबसे पहले टीम आरोग्य हॉस्पिटल पहुंची। यहां बोर्ड और आईसीयू और एनआईसीयू बोर्ड पर लिखा मिला, जबकि परमिशन नहीं थी। जिसके बाद एडिशनल सीएमओ ने नोटिस देते हुए तत्काल आईसीयू एनआईसीयू को बंद करने के निर्देश ददिए। इसके बाद वह यथार्थ हॉस्पिटल गए। यहां सबकुछ ठीक मिला। वहीं बगल में बने नवजीवन हॉस्पिटल टीम पहुंची। यहां पहुंचने पर हॉस्पिटल संचालक मिला प ट्रेंड स्टाफ। न डयूटी डॉक्टर मिला। हॉस्पिटल का रजिस्ट्रेशन भी नहीं था। जिसके बाद हॉस्पिटल को सील कर दिया। वहीं नीलम सरोज अस्पताल में टीम को हॉस्पिटल संचालक कागज़ नहीं दिखा पाए जिसके बाद उन्हें नोटिस थमाते हुए तीन दिन में जवाब मांगा। यहां आईसीयू में भर्ती एक मरीज के परिजन एसीएमओ के पैरों पर गिरकर रोने लगे। मरीज की मां बोली साहब हॉस्पिटल वालों ने चार लाख रूपये जमा करा लिए, लेकिन बेटे की हालत में कोई सुधार नहीं हुआ। बेटे का एक सप्ताह पहले एक्सीडेंट हुआ था। इसके बाद वह रीजेंसी हॉस्पिटल ले गए। वहां से हॉस्पिटल के कर्मचारी अंकित उन्हें कल्याणपुर के नीलम सरोज हॉस्पिटल ले आया। यहां आते ही बेटे को आईसीयू में भर्ती कर लिया। उसके बाद भी बेटे को अभी तक होश नहीं आया। जिसपर एडिशनल सीएमओ ने तत्काल मरीज को हैलट रेफर करने को कहा। वहीं नोटिस देते हुए तीन दिन में जवाब मांगा है। उसके बाद टीम एलएस हॉस्पिटल पहुंची। यहां अंदर घुसते ही अस्पताल में कुत्ते टहलते नजर आए। जांच करने पर हॉस्पिटल का रजिस्ट्रेशन भी नहीं मिला। हॉस्पिटल में दो मरीज भर्ती थे, जिसके बाद रजिस्ट्रेशन न होने पर ओटी को सीज करते हुए मरीज को तीन दिन में शिफ्ट करने को कहा। इसके बाद हॉस्पिटल को पूरी तरह सीज किया जाएगा। इस दौरान दो हॉस्पिटल को सीज करते हुए पांच हॉस्पिटल की ओटी सीज की गई व अन्य को खामियां मिलने पर नोटिस दिया गया। तीन दिन में नोटिस का जवाब मांगा गया।बोले ऐसीएमओ-एसीएमओ डॉ. रमित रस्तोगी ने बताया की किडनी कांड के बाद से लगातार कार्रवाई की जा रही है। जो बिना रजिस्ट्रेशन के हॉस्पिटल संचालित हो रहे थे, उनको तत्काल सीज कर कार्रवाई की जा रही है। जिनके पास आईसीयू और एनआईसीयू की परमिशन नहीं थी, उनकी भी ओटी सीज कर कार्रवाई की गई। अन्य को नोटिस देकर तीन दिन में जवाब मांगा गया है।
जगराओं में युवक ने जहर खाकर दी जान:पत्नी के घर के बाहर किया सुसाइड, 3 साल पहले की थी लव मैरिज
लुधियाना जिले में जगराओं के कोठे बगु गांव में एक युवक ने जहरीली दवा पीकर आत्महत्या कर ली। मृतक की पहचान ज्वाला सिंह के रूप में हुई है। वह अपनी पत्नी से अलग रह रहा था। आत्महत्या से पहले उसने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट साझा कर पत्नी और कुछ लोगों को अपनी मौत के लिए जिम्मेदार ठहराया था। जानकारी के अनुसार, ज्वाला सिंह ने लगभग 3 साल पहले प्रेम विवाह किया था। वैवाहिक जीवन में अनबन के कारण करीब 3 महीने पहले पंचायत के माध्यम से दोनों के बीच समझौता कराया गया था। इसके बाद दोनों अलग-अलग रहने लगे थे और पंचायत स्तर पर ही आपसी सहमति से अलग होने का फैसला भी कर लिया था। ज्वाला सिंह अपनी पत्नी के घर के बाहर पहुंचा। उसने अपनी पत्नी को संबोधित करते हुए कहा कि वह अब उसे आजाद कर रहा है और वह अपनी जिंदगी जीने के लिए स्वतंत्र है। इसके बाद उसने वहीं जहरीली दवा निगल ली। इस घटना से पहले, उसने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट भी साझा की थी। इसमें उसने अपनी पत्नी सहित कुछ अन्य लोगों का नाम लेते हुए उन्हें अपनी आत्महत्या के लिए जिम्मेदार ठहराया था। इलाज के दौरान तोड़ा दम घटना की सूचना मिलते ही परिजन उसे तुरंत जगराओं के सरकारी अस्पताल ले गए। हालत गंभीर होने के कारण उसे एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां मंगलवार दोपहर इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। मृतक का शव मंगलवार देर शाम सिविल अस्पताल जगराओं में रखवाया गया है। बुधवार को उसका पोस्टमार्टम किया जाएगा। परिवार ने ज्वाला सिंह की मौत के लिए जिम्मेदार लोगों, जिनमें उसकी पत्नी भी शामिल है, के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग की है। पत्नी ने पहले ही पुलिस को दी थी शिकायत जानकारी के अनुसार गांव कोठे बग्गू में ज्वाला सिंह और उसकी पत्नी के घर आमने-सामने ही हैं। करीब 3 वर्ष पहले दोनों ने प्रेम विवाह किया था, लेकिन आपसी विवाद के चलते 3 महीने पहले पंचायत द्वारा लिखित तौर पर दोनों को अलग रहने का फैसला करवाया गया था। गांव वालों के अनुसार ज्वाला सिंह ट्रक ड्राइवर था और पति-पत्नी के बीच लंबे समय से अनबन चल रही थी। पुलिस सूत्रों के मुताबिक ज्वाला सिंह की पत्नी ने पहले ही पुलिस को शिकायत दी थी कि उसका पति उसे आत्महत्या करने की धमकी दे रहा है और उसने इस मामले में कानूनी कार्रवाई की मांग की थी। गांव के लोगों के अनुसार जब ज्वाला सिंह ने जहर निगल लिया और घर के आगे गिर गया तो एक राहगीर ने 112 नंबर पर फोन कर पुलिस को सूचना दी। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंच गई और मामले की जांच शुरू कर दी।
शाजापुर के टंकी चौराहा स्थित सिंचाई विभाग कार्यालय के सामने सोमवार शाम करीब 6 बजे एक तेज रफ्तार कार ने बाइक को पीछे से टक्कर मार दी। इस सड़क हादसे में बाइक सवार एक ही परिवार के तीन सदस्य गंभीर घायल हो गए। घटना के बाद आरोपी चालक अपना क्षतिग्रस्त वाहन छोड़कर मौके से फरार हो गया, जिसकी तलाश पुलिस कर रही है। बाजार से लौटते समय हादसा घायलों की पहचान सीमा चौहान (48), अंकित चौहान (25) और निकिता चौहान (20) के रूप में हुई है। पीड़ित अंकित चौहान ने बताया कि वह अपनी मां और बहन के साथ बाजार से खरीदारी कर घर लौट रहे थे, तभी पीछे से आ रहे अनियंत्रित चार पहिया वाहन ने उन्हें टक्कर मार दी। राहगीरों ने घायलों को पहुंचाया अस्पताल प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि कार की गति काफी तेज थी और टक्कर इतनी भीषण थी कि कार का अगला हिस्सा पूरी तरह पिचक गया। हादसे के तुरंत बाद स्थानीय राहगीरों की मदद से तीनों घायलों को जिला अस्पताल शाजापुर पहुंचाया, जहां फिलहाल उनका उपचार जारी है। कोतवाली पुलिस ने शुरू की जांच सूचना मिलते ही कोतवाली पुलिस ने मौके पर पहुंचकर जांच शुरू कर दी है। पुलिस ने दुर्घटनाग्रस्त वाहनों को कब्जे में लेकर अज्ञात चालक के खिलाफ मामला दर्ज करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। पुलिस फरार चालक की पहचान के लिए क्षेत्र के सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही है।
राजधानी में पुरानी रंजिश के चलते युवक पर चाकू से हमला करने का मामला सामने आया है। घटना के बाद मुजगहन थाना पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए 5 आरोपियों को चंद घंटों के भीतर गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से वारदात में इस्तेमाल चाकू भी जब्त किया है। पुलिस के अनुसार, ईदगाह भाटा निवासी 19 वर्षीय मोहम्मद युनुस ने आजाद चौक थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई। उसने बताया कि 5 अप्रैल को वह अपने दोस्त के साथ सातपाखर एनीकट, काठाडीह पिकनिक मनाने गया था। इसी दौरान आरोपी फारूख, रियाज, उस्मान, चीकू और विशाल नायक वहां पहुंचे और पुरानी दीपावली के दौरान हुए विवाद को लेकर गाली-गलौज करने लगे। विवाद बढ़ने पर आरोपियों ने जान से मारने की धमकी देते हुए युनुस पर चाकू से हमला कर दिया, जिससे उसके दाहिने हिस्से में गंभीर चोट आई। घायल को तत्काल इलाज के लिए अस्पताल ले जाया गया। मामले में मुजगहन थाना में आरोपियों के खिलाफ बीएनएस की विभिन्न धाराओं में अपराध दर्ज किया गया। घटना को गंभीरता से लेते हुए पुलिस उपायुक्त (पश्चिम) संदीप पटेल ने अतिरिक्त पुलिस उपायुक्त राहुलदेव शर्मा, एसीपी नवनीत पाटिल और थाना प्रभारी अमित कोसमा को आरोपियों की शीघ्र गिरफ्तारी के निर्देश दिए। मुखबिर की मदद से आरोपी गिरफ्तार वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देशन में पुलिस टीम ने मौके का निरीक्षण कर पीड़ित और आसपास के लोगों से पूछताछ की। तकनीकी साक्ष्यों और मुखबिर की मदद से आरोपियों की पहचान कर त्वरित दबिश दी गई। पुलिस ने शेख फारूख (22), मोहम्मद रियाज खान (25), सैय्यद उस्मान (19), शेख साहिल उर्फ चीकू (26) और विशाल नायक (19) को 6 अप्रैल को गिरफ्तार कर लिया। सभी आरोपी बोरियाखुर्द और टिकरापारा क्षेत्र के निवासी हैं। पुलिस का कहना है कि आरोपियों से पूछताछ जारी है और मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।
उत्तर प्रदेश में अब सड़क हादसे में तीन या उससे अधिक लोगों की जानें जाती हैं तो मामला स्पेशल रिपोर्ट (SR) केस के तौर दर्ज किया जाएगा। डीजीपी राजीव कृष्ण ने सभी जिलों के पुलिस कप्तानों, पुलिस कमिश्नर्स, रेंज के डीआईजी व आईजी और जोन के एडीजी को इस संबंध में सर्कुलर भेजा है। डीजीपी ने निर्देश दिए हैं कि पुलिस रेग्युलेशन के तहत अब सड़क दुर्घटना में 3 या उससे ज्यादा की मौत होने पर मामले को “अदर कॉज ऑफ स्पेशल इंट्रेस्ट” मानते हुए स्पेशल रिपोर्ट केस की श्रेणी में रखा जाएगा। इससे मामलों की जांच अब सीनियर अफसरों की निगरानी में होगी ताकि जांच में कोई कमी न रहे और मृतकों के परिजन को बीमा क्लेम में परेशानी न हो। इसका मुख्य उद्देश्य सड़क दुर्घटनाओं में हो रही मौतों को कम करना, जांच पारदर्शी बनाना और इंश्योरेंस क्लेम का समय पर निस्तारण करना है। विवेचना में इन बिंदुओं पर विशेष ध्यान रखना जरूरी
संभल से मेरठ के लिए पिकअप लोडर की बुकिंग पर निकले पिता-पुत्र की हत्या कर दी गई है। 2 अप्रैल को अज्ञात व्यक्ति ने फोन पर गाड़ी बुक की थी। मेरठ के रास्ते में टोल प्लाजा से वे अचानक लापता हो गए थे। लापता होने के छह दिन बाद उनके शव शामली जनपद के जंगल से बरामद हुए हैं। संभल पुलिस परिजनों को शिनाख्त के लिए शामली ले गई है। यह पूरा घटनाक्रम संभल जनपद की तहसील गुन्नौर के थाना धनारी क्षेत्र के गांव भिरावटी का है। गांव निवासी नरेश (पुत्र विशंबर) और उनके बेटे भीमसेन 2 अप्रैल की शाम को मेरठ की बुकिंग के लिए अपना पिकअप लोडर लेकर निकले थे। मेरठ के रास्ते में टोल प्लाजा पहुंचने के बाद वे गायब हो गए। परिवार से उनका कोई संपर्क नहीं हो पाया। गाड़ी में दो अन्य अज्ञात व्यक्ति भी बैठे थे, जिनके बारे में परिवार को कोई जानकारी नहीं थी। उसी रात लगभग 10 बजे उनकी अपने रिश्तेदारों से अंतिम बार बात हुई थी। बीते सोमवार को दो दर्जन से अधिक गांवों के लोग बहजोई स्थित पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुंचे। मृतक नरेश की पत्नी गीता ने सीओ बहजोई डॉ. प्रदीप कुमार को प्रार्थना पत्र देकर पति और बेटे को सकुशल बरामद करने की मांग की थी। उन्होंने किसी अनहोनी की आशंका जताई थी। ग्रामीण करीब डेढ़ घंटे तक एसपी कार्यालय पर डटे रहे। इसके बाद पुलिस ने जांच प्रक्रिया शुरू की और कॉल डिटेल के आधार पर एक संदिग्ध व्यक्ति तक पहुंची। छानबीन के दौरान पुलिस को जानकारी मिली कि पिता-पुत्र को पिकअप लोडर सहित शामली जनपद ले जाया गया है। संभल पुलिस ने शामली पुलिस से समन्वय स्थापित कर तलाश शुरू की। मंगलवार शाम लगभग 6 बजे दोनों के शव गन्ने के खेत से बरामद कर लिए गए। एएसपी कुलदीप सिंह ने बताया कि परिजनों को शवों की शिनाख्त के लिए शामली जनपद भेजा गया है। शिनाख्त के बाद ही आगे की कार्रवाई की जाएगी। गीता ने कहा कि उनके पति और बेटा किराए पर गाड़ी लेकर के मेरठ के लिए गए थे, लेकिन उनका 5 दिन बीतने के बाद भी कुछ पता नहीं है। महिला ने कहा कि अगर यह किसी अधिकारी के पुलिस के परिवार से होते तो क्या तब भी नहीं इन्हें ढूंढा जाता। राजू यादव ने कहा कि नरेश एवं उनका बेटा भीमसेन 02 अप्रैल की 07:37 बजे से लापता है। यह दोनों गाड़ी चलाते हैं और किसी अनजान व्यक्ति ने मेरठ से मजदूर लाने के नाम पर गाड़ी को बुक कर किया था। गाड़ी मेरठ के रास्ते में टोल प्लाजा तक दिखी है, लेकिन उनका कोई सुराग नहीं लगा था।
संतकबीरनगर में भारतीय मछुआ महासंघ के राष्ट्रीय अध्यक्ष, पूर्व मंत्री शंखलाल मांझी ने सरकार से मछुआरा समुदाय की विभिन्न उपजातियों को आरक्षण का लाभ देने की मांग की है। शंखलाल मांझी ने चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगें पूरी नहीं हुईं तो लाखों मछुआरे विरोध प्रदर्शन करेंगे। शंखलाल मांझी ने बताया कि मझवार, गौड़, तुरैहा, बेलदार और शिल्पकार जैसी जातियों की उपजातियां, जिनमें माझी, मुजाविर, केवट, मल्लाह, कंहार, कश्यप, तुरैहा, धीवर, वाथम, बिंद, बियार, रायकवार, गोड़िया और मेहरा शामिल हैं। 1930 की जनगणना के अनुसार परिभाषित न होने के कारण आरक्षण के लाभ से वंचित हैं। उन्होंने 22 दिसंबर 2016 के शासनादेश में परिभाषित मछुआरों की उपजातियों को अनुसूचित जाति में शामिल करने की मांग की। इसके अतिरिक्त, पूर्व मंत्री ने तालाबों और जलाशयों के मत्स्य पालन पट्टों से संबंधित 1995 के शासनादेश का पालन करने पर जोर दिया। उच्चतम न्यायालय ने भी इस शासनादेश को वैध माना है। मांझी ने आरोप लगाया कि प्रदेश सरकार द्वारा राजस्व नियमावली और मत्स्य मंत्री के निर्देशों से मछुआरों को आपस में लड़ाया जा रहा है, जिस पर तत्काल रोक लगनी चाहिए। शंखलाल मांझी ने सरकार से पूर्व की भांति मछुआ आवास उपलब्ध कराने और आरक्षण के लिए केंद्र सरकार को संस्तुति भेजने की भी मांग की। उन्होंने स्पष्ट किया कि यदि इन मांगों को पूरा नहीं किया गया, तो प्रदेश के लाखों मछुआरे एकजुट होकर सरकार की नीतियों का विरोध करते हुए धरना प्रदर्शन करने को मजबूर होंगे।
टीबी केवल एक संक्रामक बीमारी नहीं, बल्कि महिलाओं के लिए एक गंभीर सामाजिक समस्या भी है। नेशनल लाइब्रेरी ऑफ मेडिसिन के एक शोध के अनुसार, पुरुषों की तुलना में महिलाओं में टीबी से जुड़े सामाजिक कलंक का खतरा लगभग 13 गुना अधिक होता है। इस कारण वे अक्सर समय पर जांच और उपचार से वंचित रह जाती हैं। इस चुनौती की गंभीरता 960 महिला मरीजों पर किए गए एक अध्ययन से भी उजागर हुई है। किंग जॉर्ज मेडिकल यूनिवर्सिटी (केजीएमयू) की एक रिपोर्ट के अनुसार, 18 प्रतिशत महिलाओं को पति या ससुराल से अस्वीकृति का सामना करना पड़ा, जबकि 25 प्रतिशत ने घर में अलगाव झेला। 10 प्रतिशत मामलों में तो विवाह तक टूट गए।अध्ययन में यह भी पाया गया कि लगभग 50 प्रतिशत महिलाओं ने अपनी बीमारी छिपाई, जबकि 44 प्रतिशत ने सामाजिक गतिविधियों में भाग लेना बंद कर दिया। जनपद बहराइच के फखरपुर ब्लॉक के कोदही गांव की 22 वर्षीय रूबी आर्या की कहानी इस सामाजिक सच्चाई को दर्शाती है। वर्ष 2022 में टीबी की पुष्टि होने के बाद, बीमारी से अधिक उन्हें अपनों के बदले हुए व्यवहार ने प्रभावित किया।इलाज का खर्च वहन करने के लिए उनके पति को बाहर काम पर जाना पड़ा। मास्क पहनने की जानकारी फैलते ही परिवार और पड़ोसियों ने उनसे दूरी बना ली। उनके बच्चों को भी उनके पास आने से रोका गया। सामाजिक बदनामी के डर से रूबी ने अपने मायके जाना भी टाल दिया।रूबी बताती हैं कि उस दौरान उन्होंने गहरा अकेलापन महसूस किया। उन्हें अपनी थाली अलग करनी पड़ी थी और वे अक्सर अपने पति से घर लौटने का आग्रह करती थीं। नौ महीने के सफल उपचार के बाद अब रूबी पूरी तरह स्वस्थ हैं। अब वह वर्ल्ड हेल्थ पार्टनर संस्था के साथ जुड़कर टीबी से पीड़ित अन्य महिलाओं को बीमारी और उससे जुड़े सामाजिक कलंक के प्रति जागरूक कर रही हैं। जिला क्षय रोग अधिकारी डॉ. एमएल वर्मा के अनुसार, टीबी से जुड़ा भेदभाव महिला और पुरुष दोनों को प्रभावित करता है। हालांकि, महिलाओं का सामाजिक दायरा अक्सर परिवार तक सीमित होने के कारण उनके लिए समय पर जांच और इलाज कराना अधिक चुनौतीपूर्ण हो जाता है। उन्होंने कहा कि टीबी हाथ मिलाने, साथ बैठने या बर्तन साझा करने से नहीं, बल्कि खांसने-छींकने से फैलती है। इसलिए मरीज को मास्क पहनने, घर में हवा का आवागमन बनाए रखने और दवा नियमित लेने के लिए प्रेरित करना चाहिए। सामान्य व्यवहार, पौष्टिक भोजन और भावनात्मक सहयोग मरीज की जल्दी रिकवरी में मदद करते हैं।सीएमओ डॉ संजय कुमार ने कहा कि टीबी पूरी तरह ठीक होने वाली बीमारी है और सरकारी अस्पतालों में इसकी जांच व उपचार निःशुल्क उपलब्ध है। इसलिए महिला मरीजों के प्रति परिवार और समाज को संवेदनशील सहयोग दिखाना बेहद जरूरी है।
सोनीपत में दो सगे भाइयों ने किया सुसाइड:फ्रीजर से केमिकल निकालकर पिया; मां की बीमारी से परेशान थे
सोनीपत जिले के एक गांव से एक बेहद दर्दनाक और झकझोर देने वाली घटना सामने आई है। पारिवारिक परेशानियों और मां की लगातार बिगड़ती सेहत से मानसिक तनाव में आए दो सगे भाइयों ने कंपनी में केमिकल पीकर सुसाइड़ कर लिया। दोनों ने हॉस्पिटल में इलाज के दौरान दम तोड़ दिया। पुलिस मामले में जांच कर रही है। प्याऊ मनियारी के रहने वाले दीपचंद ने पुलिस को दी लिखित शिकायत में बताया कि उनकी पत्नी देवकी लंबे समय से बीमार चल रही थी। घर में लगातार इलाज और देखभाल के चलते परिवार पर मानसिक और भावनात्मक दबाव बढ़ता जा रहा था, जिससे दोनों बेटे भी काफी परेशान रहने लगे थे। नौकरी के साथ बढ़ता गया तनाव जानकारी के अनुसार, दीपचंद के दोनों बेटे अभिषेक (26) और रितिक (25) न्यूट्री केअर प्राइवेट लिमिटेड कंपनी में काम करते थे। काम के साथ-साथ घर की जिम्मेदारियों और मां की बिगड़ती हालत ने उन्हें अंदर ही अंदर तोड़ दिया था। परिजन बताते हैं कि पिछले कुछ समय से दोनों काफी चुप और तनाव में थे। फ्रीजर में रखा केमिकल पिया बताया गया है कि मानसिक तनाव के चलते दोनों भाइयों ने घर में रखे फ्रीजर से केमिकल निकालकर पी लिया। हालत बिगड़ने पर उन्हें संभालने का मौका तक नहीं मिला और देखते ही देखते दोनों की मौत हो गई। यह घटना पूरे परिवार के लिए किसी सदमे से कम नहीं है। परिजनों ने किसी पर आरोप नहीं लगाया पुलिस ने बताया कि दीपचंद ने अपनी शिकायत में स्पष्ट कहा है कि इस मामले में किसी का कोई दबाव या कसूर नहीं है। उन्होंने इसे पूरी तरह से पारिवारिक परिस्थितियों और मानसिक तनाव का परिणाम बताया है। पुलिस ने शिकायत के आधार पर कार्रवाई शुरू कर दी है और मामले की जांच की जा रही है। इस दर्दनाक घटना के बाद गांव में शोक की लहर है।
रायबरेली में एक बार फिर मौसम ने करवट बदली है। बुधवार शाम करीब 7 बजे तेज आंधी और बारिश ने शहर के कई इलाकों में दस्तक दी, जिससे जनजीवन प्रभावित हुआ और फसलों को भारी नुकसान पहुंचा। तेज हवाओं के कारण कई स्थानों पर पेड़ गिर गए और धूल भरी आंधी चली। अचानक आई आंधी-बारिश से यातायात भी बाधित हुआ। कुछ क्षेत्रों में पत्थर गिरने की भी सूचना मिली है। किसानों के लिए यह बारिश चिंता का विषय बन गई है। प्रारंभिक आकलन के अनुसार, 150 हेक्टेयर से अधिक गेहूं की कटी और खड़ी फसल पूरी तरह बर्बाद हो गई है। गेहूं के साथ-साथ तरबूज और खरबूज की फसलों को भी भारी नुकसान पहुंचा है। यह लगातार दूसरी बार है जब बेमौसम बारिश और तेज हवाओं ने क्षेत्र में तबाही मचाई है। दो दिन पहले भी इसी तरह के मौसम ने फसलों को नुकसान पहुंचाया था। किसानों ने जिला प्रशासन से बर्बाद हुई फसलों के लिए तत्काल मुआवजे की मांग की है। जिलाधिकारी हर्षिता माथुर ने बताया है कि सभी उप जिला अधिकारियों को निर्देशित कर दिया गया है कि राजस्व कर्मचारी अपने-अपने क्षेत्र में जाकर बारिश के दौरान हुई नष्ट फसलों का आकलन कर उसकी रिपोर्ट तैयार कर जिला स्तर पर भेजा जाए जिससे वह मुआवजे के लिए शासन भेज कर संसूती ली जा सके।
कन्नौज के गुरसहायगंज क्षेत्र में एक सड़क हादसे में पूर्व प्रधान के बेटे की मौत हो गई। तालग्राम-तेराजाकेट रोड पर एक पिकअप ने उनकी बाइक को टक्कर मार दी, जिससे यह दुर्घटना हुई। हादसे में मृतक का साथी गंभीर रूप से घायल हो गया। यह घटना गुरसहायगंज कोतवाली क्षेत्र के तालग्राम-तेराजाकेट रोड पर अदमापुर गांव के मोड़ के पास मंगलवार शाम को हुई। सौरिख थाना क्षेत्र के दारापुर बरेठी गांव निवासी पूर्व प्रधान सुरेंद्र सिंह के 27 वर्षीय बेटे संजय उर्फ रिंकू अपने साथी अमित कुमार (22) के साथ फर्रुखाबाद जिले से लौट रहे थे। अमित हीरानगला गांव का निवासी है। जैसे ही उनकी बाइक अदमापुर गांव के सामने पहुंची, सामने से आ रही तेज रफ्तार पिकअप ने उन्हें टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि बाइक सवार दोनों युवक दूर जा गिरे। हादसे के बाद पिकअप चालक वाहन छोड़कर मौके से फरार हो गया। घटना की सूचना मिलते ही गुरसहायगंज कोतवाली पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने सड़क पर पड़े दोनों घायलों को तालग्राम सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) पहुंचाया। वहां डॉक्टरों ने संजय उर्फ रिंकू को मृत घोषित कर दिया, जबकि अमित का इलाज जारी है। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। संजय की मौत की खबर मिलते ही उनके पिता सुरेंद्र सिंह परिजनों के साथ अस्पताल पहुंचे। संजय की मां बिटोली देवी, पत्नी मोनिका, भाई रोहित और बहन गोल्डी का रो-रोकर बुरा हाल था। मृतक संजय की दो छोटी बेटियां हैं, जिनमें सृष्टि 2 वर्ष की और बाबू 6 महीने की है।
इलाहाबाद हाईकोर्ट की लखनऊ खंडपीठ ने सोमवार को राहुल गांधी की नागरिकता से जुड़े याचिका मामले में सुनवाई की। कोर्ट ने कहा कि इस स्तर पर गृह मंत्रालय से आए रिकॉर्ड का परीक्षण नहीं किया जा सकता। अदालत ने स्पष्ट किया कि आरोपों की सच्चाई परखना अभी उचित नहीं है। इस याचिका पर सुनवाई न्यायमूर्ति के चैंबर में हुई। केंद्र सरकार ने मामले को संवेदनशील बताते हुए पिछली तारीख पर ही निवेदन किया था कि इस याचिका पर सुनवाई खुले न्यायालय में न की जाए, जिसे न्यायालय ने स्वीकार किया। मामले की अगली सुनवाई 15 अप्रैल को निर्धारित की गई है। न्यायमूर्ति सुभाष विद्यार्थी की एकल पीठ ने अपने आदेश में कहा कि केंद्र सरकार के अधिकारी रिकॉर्ड के साथ मौजूद थे। हालांकि, अभी आरोपों की जांच का चरण नहीं है, इसलिए दस्तावेजों को देखने से परहेज किया गया। यह मामला भाजपा कार्यकर्ता एस. विग्नेश शिशिर की याचिका से जुड़ा है। याचिका में 28 जनवरी 2026 को विशेष एमपी/एमएलए अदालत द्वारा राहुल गांधी के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने की मांग खारिज किए जाने के आदेश को चुनौती दी गई है। निचली अदालत ने अपने आदेश में कहा था कि नागरिकता का निर्धारण उसके अधिकार क्षेत्र में नहीं आता है। वहीं, याचिकाकर्ता ने विभिन्न कानूनों के तहत आरोप लगाते हुए एफआईआर दर्ज कर विस्तृत जांच की मांग की है।
फतेहपुर के चर्चित शत्रुघ्न हत्याकांड में फास्ट ट्रैक कोर्ट ने अहम फैसला सुनाया है। अपर सत्र न्यायाधीश एफटीसी-2 अजय सिंह प्रथम की अदालत ने दो आरोपियों महेश सिंह और राजन सोनकर को दोषी करार देते हुए सश्रम आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। दोनों पर कुल ढाई लाख रुपये का अर्थदंड भी लगाया गया है। वहीं, सह-अभियुक्ता ननकी उर्फ अंजलि को संदेह का लाभ देते हुए दोषमुक्त कर दिया गया। यह घटना राधानगर थाना क्षेत्र के मोदी ग्राउंड मलाका की है। मलाका निवासी विजय पाल के छोटे भाई शत्रुघ्न की शादी 2 मई 2023 को उसकी साली अंजलि उर्फ ननकी से तय थी। आरोप है कि अंजलि इस शादी से खुश नहीं थी। उसने अपने प्रेमी महेशके साथ मिलकर शत्रुघ्न को रास्ते से हटाने की साजिश रची थी। 26 अप्रैल 2023 की शाम महेश अपने साथी राजन सोनकर के साथ शत्रुघ्न को घुमाने के बहाने घर से ले गया। मोदी ग्राउंड पहुंचने के बाद महेश ने छोटू नाम के युवक को शराब लाने के लिए भेज दिया। जब छोटू वापस लौटा, तो उसने देखा कि महेश चाकू से शत्रुघ्न पर हमला कर रहा था। छोटू के शोर मचाने पर आरोपी उसका पीछा करते हुए भाग निकले। बाद में दोनों आरोपी शत्रुघ्न की सीडी डीलक्स मोटरसाइकिल लूटकर मौके से फरार हो गए। पुलिस ने जांच के दौरान दोनों आरोपियों को गिरफ्तार किया। उनकी निशानदेही पर हत्या में प्रयुक्त चाकू और लूटी गई मोटरसाइकिल बरामद की गई। मामले में अभियोजन पक्ष की ओर से छह गवाहों की गवाही कराई गई। अभियोजन पक्ष की ओर से अधिवक्ता अजय कुमार सिंह और रणधीर सिंह ने पैरवी की। अदालत ने महेश सिंह और राजन सोनकर को धारा 302 आईपीसी के तहत सश्रम आजीवन कारावास और एक-एक लाख रुपये अर्थदंड से दंडित किया है। इसके अतिरिक्त, धारा 394 आईपीसी में 10-10 वर्ष का कठोर कारावास और 20-20 हजार रुपये अर्थदंड, तथा धारा 411 आईपीसी में दो-दो वर्ष का कारावास और पांच-पांच हजार रुपये अर्थदंड भी लगाया गया है। अभियुक्ता ननकी उर्फ अंजलि को साक्ष्यों के अभाव में बरी कर दिया गया।
ग्वालियर में मंगलवार शाम को एक बाइक सवार को तेज रफ्तार डंपर ने कुचल दिया। डंपर की टक्कर लगने से सड़क पर गिरे युवक के ऊपर से दो बार डंपर का पहिया गुजर गया। इतने जोर से डंपर ने बाइक सवार को रौंदा कि मृतक के पेट के अंग तक सड़क पर बिखरे पड़े थे। सड़क पर खाल तक चिपक गई थी। लोगों ने लकड़ी की सहायता से सड़क पर दूर-दूर तक बिखरे अंगों को समेटकर शव के पास एकत्रित किया। हादसे के बाद चालक डंपर छोड़कर भाग गया। घटना मोतीझील रोड, बहोड़ापुर की है। 24 वर्षीय बाइक सवार विपिंद्र सिंह चौहान उत्तर प्रदेश के जालौन का रहने वाला था। वह ग्वालियर में एक प्राइवेट कंपनी में काम करता था। वह बहोड़ापुर के आसपास ही किराए पर रहता था। मंगलवार शाम वह ड्यूटी कर वापस लौट रहा था। अभी वह मोतीझील पहाड़िया रोड पर पहुंचा ही था कि तभी पीछे से आए तेज रफ्तार डंपर (नंबर MP07 GA 7240) के चालक ने लापरवाही से चलाते हुए बाइक सवार को चपेट में ले लिया। डंपर की टक्कर से बाइक सवार आगे गिरा और उसके ऊपर से डंपर के आगे व पीछे दोनों पहिए गुजर गए। स्थानीय लोगों के अनुसार हादसा इतना दर्दनाक था कि घायल बाइक सवार के पेट का कुछ हिस्सा सड़क पर ही चिपक गया था। पेट व मुंह से कुछ अंग बाहर आ गए थे। घटना के बाद आक्रोशित स्थानीय लोगों ने हंगामा कर दिया, जबकि चालक डंपर मौके पर छोड़कर भाग गया। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति संभाली। लोगों का कहना है कि डंपर से इस तरह बाइक सवार कुचला गया कि शरीर के चिथड़े सड़क पर बिखरे पड़े थे। पहले शव पर चादर डाली, फिर लकड़ी की सहायता से बिखरे हुए शरीर के टुकड़ों को समेटकर एकत्रित किया गया। आसपास कहीं भी CCTV कैमरे नहीं लगे हैं, जिस कारण घटना का वीडियो पुलिस को नहीं मिल पाया। सीएसपी कृष्ण पाल सिंह ने बताया एक बाइक सवार को डंपर ने अपनी चपेट में लिया, जिसमें युवक की मौत हो गई। कुछ लोगों ने चक्काजाम का प्रयास किया था, लेकिन समय पर उन्हें समझा दिया गया। डंपर को जब्त कर लिया गया है और चालक की तलाश की जा रही है।
फरीदाबाद के सिविल अस्पताल में मंगलवार दोपहर बड़खल विधानसभा क्षेत्र के विधायक धनेश अदलखा अचानक स्वास्थ्य व्यवस्थाओं का जायजा लेने पहुंचे। निरीक्षण के दौरान अस्पताल में कई खामियां सामने आईं, जिस पर विधायक ने मौके पर मौजूद अधिकारियों को फटकार लगाते हुए व्यवस्थाओं को जल्द सुधारने के निर्देश दिए। विधायक धनेश अदलखा सबसे पहले अस्पताल की ओपीडी में पहुंचे, जहां उन्होंने मरीजों की भीड़ और व्यवस्थाओं का जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने पाया कि ओपीडी में सीनियर डॉक्टर मौजूद नहीं थे। इस पर उन्होंने नाराजगी जताते हुए कहा कि सरकारी अस्पतालों में दूर-दराज से मरीज इलाज के लिए आते हैं, ऐसे में वरिष्ठ डॉक्टरों की अनुपस्थिति गंभीर लापरवाही है। औषधि वितरण विभाग का किया निरीक्षण इसके बाद विधायक ने ओपीडी में डॉक्टरों द्वारा मरीजों को लिखी जा रही दवाइयों की उपलब्धता की जांच करने के लिए औषधि वितरण विभाग का निरीक्षण किया। यहां पहुंचने पर उन्होंने देखा कि दवाइयां देने वाले दो काउंटर बंद पड़े हुए थे, जिसके कारण मरीजों की लंबी लाइन लगी हुई थी। इस स्थिति पर विधायक ने कड़ी नाराजगी जताई। उन्होंने कहा कि मरीज पहले डॉक्टर को दिखाने के लिए लंबी लाइन में लगते हैं और उसके बाद दवाइयां लेने के लिए भी औषधि केंद्र के बाहर घंटों इंतजार करना पड़ता है। यह व्यवस्था मरीजों के लिए बेहद परेशानी भरी है और इसे तुरंत सुधारा जाना चाहिए। लाइन में लगे मरीजों से विधायक ने की बात उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि सभी काउंटर चालू रखे जाएं और दवाइयों का वितरण सुचारू रूप से किया जाए। निरीक्षण के दौरान विधायक ने अस्पताल में लाइन में लगे मरीजों और उनके परिजनों से भी बातचीत की। मरीजों ने उन्हें बताया कि दवाई लेने के लिए उन्हें एक-एक घंटे तक लाइन में खड़ा रहना पड़ता है, जिसके बाद जाकर दवाइयां मिलती हैं। कई बार डॉक्टर द्वारा लिखी गई दवाइयां अस्पताल में उपलब्ध भी नहीं होतीं, जिसके कारण उन्हें बाहर से महंगी दवाइयां खरीदनी पड़ती हैं। दवाई वितरण व्यवस्था को सुधारने के निर्देश विधायक ने यह भी कहा कि बुजुर्गों, महिलाओं और दिव्यांग मरीजों के लिए अलग व्यवस्था की जानी चाहिए, ताकि उन्हें लंबी कतारों में खड़ा न रहना पड़े। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि जरूरत पड़ने पर अतिरिक्त स्टाफ लगाया जाए और ऐसे मरीजों को प्राथमिकता के आधार पर दवाइयां उपलब्ध कराई जाएं। धनेश अदलखा ने सिविल सर्जन को स्पष्ट रूप से कहा कि अस्पताल में दवाई वितरण व्यवस्था को जल्द से जल्द सुधारा जाए और यह सुनिश्चित किया जाए कि मरीजों को बेवजह घंटों लाइन में न लगना पड़े। उन्होंने कहा कि अगर व्यवस्था में सुधार नहीं हुआ तो इस मामले को उच्च स्तर पर उठाया जाएगा। अस्पताल की अव्यवस्थाओं पर जताई नाराजगी मामले की गंभीरता को देखते हुए मौके पर सिविल सर्जन डॉ. जयंत आहूजा और डिप्टी सीएमओ डॉ. राम भगत को बुलाया गया। विधायक धनेश अदलखा ने उनके सामने ही अस्पताल की अव्यवस्थाओं पर नाराजगी जताते हुए कहा कि मरीजों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं देना प्रशासन की जिम्मेदारी है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि अस्पताल में जरूरी दवाइयों का पूरा स्टॉक रखा जाए ताकि मरीजों को बाहर से दवाइयां खरीदने के लिए मजबूर न होना पड़े।
मंदसौर जिले की दलौदा तहसील में पदस्थ एक पटवारी के खिलाफ एक सरकारी कर्मचारी महिला ने गंभीर आरोप लगाते हुए महिला थाने में मामला दर्ज कराया है। आरोपी पटवारी कुलदीप मकवाना पर छेड़छाड़, पीछा करने और धमकी देने के आरोप लगे हैं। पुलिस ने केस दर्ज कर आरोपी की तलाश शुरू कर दी है, जो फिलहाल फरार बताया जा रहा है। पीड़िता स्वयं एक सरकारी विभाग में पदस्थ है। उसने शिकायत में बताया कि साल 2019 में काम के दौरान आरोपी से उसकी पहचान हुई थी। वर्ष 2021 में उसका स्थानांतरण मंदसौर हो गया, लेकिन इसके बाद भी आरोपी लगातार फोन और मैसेज के माध्यम से संपर्क करने की कोशिश करता रहा। शादी का वादा कर संबंध बनाने का दबाव बनायापीड़िता के अनुसार, आरोपी अपनी पत्नी को तलाक देने और उससे शादी करने का दबाव बनाता था। वह बार-बार प्रपोज करता और शारीरिक संबंध बनाने के लिए भी दबाव डालता था। परेशान होकर पीड़िता ने उसका नंबर ब्लॉक कर दिया, लेकिन वह अन्य नंबरों से कॉल और मैसेज कर उत्पीड़न करता रहा। पति को भेजे आपत्तिजनक संदेशशिकायत में सामने आया है कि आरोपी ने पीड़िता के पति को अलग-अलग नंबरों से उसके चरित्र पर संदेह पैदा करने वाले मैसेज भेजे। इतना ही नहीं, उसने अपनी पत्नी के मोबाइल नंबर से भी संदेश भिजवाए। पीड़िता का आरोप है कि आरोपी ने उसके निजी चैट, फोटो और आधार कार्ड की तस्वीर बिना अनुमति के हासिल कर ली और इन्हें उसके पति को भेज दिया, जिससे वैवाहिक संबंधों में तनाव पैदा हुआ। इसी कारण उसके पति ने जनवरी 2025 में नीमच न्यायालय में तलाक का केस दायर किया, जो अभी विचाराधीन है। पीछा किया और छेड़छाड़ की पीड़िता के अनुसार, 17 फरवरी 2025 को आरोपी ने मंदसौर ऑफिस से जेतपुरा फंटे तक कार से उसका पीछा किया। 27 फरवरी 2025 की शाम को पार्किंग में उसका हाथ पकड़कर छेड़छाड़ की। शोर मचाने पर आरोपी मौके से भाग गया और जाते-जाते जान से मारने की धमकी दी। पीड़िता ने आरोप लगाया कि आरोपी ने एआई तकनीक का दुरुपयोग करते हुए उसकी आपत्तिजनक फोटो तैयार कर उसके पति को भेजी। साथ ही प्रोटोन मेल के जरिए लोकेशन ट्रैक कर जानकारी साझा करने का भी आरोप है। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कीमहिला थाना पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 74, 78(2), 79 और 351(3) के तहत मामला दर्ज किया है। पुलिस आरोपी की गिरफ्तारी के लिए दबिश दे रही है, लेकिन वह फिलहाल फरार है। एसडीओपी कीर्ति बघेल ने बताया कि पीड़िता की शिकायत पर एफआईआर दर्ज कर ली गई है और मामले की जांच के साथ आरोपी की तलाश जारी है।
इलाहाबाद हाईकोर्ट की लखनऊ खंडपीठ ने राजस्व न्यायालयों के वकीलों की समस्याओं के निवारण के लिए एक प्रणाली बनाने पर विचार करने की बात कही है। हाईकोर्ट ने एक जनहित याचिका पर सुनवाई के दौरान यह टिप्पणी की। मामले की अगली सुनवाई के लिए 20 मई की तारीख तय की गई है। यह आदेश न्यायमूर्ति राजन रॉय और न्यायमूर्ति मंजीव शुक्ला की खंडपीठ ने गौतम द्वारा दायर याचिका पर दिया। याचिका में अमेठी जिले की मुसाफिरखाना तहसील में अधिवक्ताओं के न्यायिक कार्य से विरत रहने का मुद्दा उठाया गया था। हालांकि, सुनवाई के दौरान न्यायालय को सूचित किया गया कि तहसील में न्यायिक कार्य अब सुचारु रूप से चल रहा है। साथ ही, वकीलों की शिकायत का जिलाधिकारी ने संज्ञान भी ले लिया है।
2027 का विधानसभा चुनाव भले ही दूर हो लेकिन मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मंगलवार को आगरा में चुनावी शंखनाद कर दिया। आगरा के लोगों को ऑफर दिया-'इन जनप्रतिनिधियों को जीताते रहिये, विकास के लिए आप जो कहेंगे आपको वो मिलेगा।' उन्होंने कहा-ग्रेटर आगरा के बाद वे एयरपोर्ट, छत्रपति शिवाजी महाराज का म्यूजियम और स्मारक तथा मेट्रो के दूसरे चरण का शुभारंभ भी करने आएंगे।उन्होंने आगरा को यमुना पर रबर डैम की सौगात देने का आवश्वसन दिया है। कहा है-डीपीआर मंजूर होते ही इस योजना पर भी जल्द काम शुरू होगा। अब विस्तार से पढ़िये...सीएम योगी ने मंगलवार को आगरा के रहनकलां-रायपुर में ग्रेटर आगरा की नींव रखी। इस दौरान उन्होंने जनसभा को भी संबोधित किया। उन्होंने कहा-आगरा ने सभी नौ सीटों पर भाजपा प्रत्याशियों को जीताकर नवरत्न दिए हैं। इसके साथ ही जिला पंचायत अध्यक्ष और मेयर पद भी भाजपा प्रत्याशियों को जीत दिलाई। आपने इन्हें जीताकर भेजा तो ये भी शहर के विकास में पीछे नहीं रहे। लगातार प्रयासरत रहते हुए तमाम योजनाओं को मूर्त रूप दिया। सीएम ने कहा-आगरा के विकास का पहिया यहीं नहीं रुकेगा। इन जनप्रतिनिधियों को जीताते रहिये, विकास के लिए आप जो कहेंगे आगरा को वो आपको मिलेगा। यमुना पर रबर डैम भी बनेगा। डीपीआर मंजूर होते ही इसका काम भी शुरू होगा। सीएम योगी ने कहा-अब बंटने का नहीं, एकजुट होकर फिर से भारत के सनातन गौरव को विश्व के मंच तक पहुंचाना है। अब इनका लोकार्पण करने आएंगेमुख्यमंत्री ने कहा-अभी तक हम आएंगे महाराज शिवाजी महाराज के म्यूजिमय और स्मारक का लोकार्पण करने। आगरा मेट्रो के दूसरे चरण और आगरा के एयरपोर्ट का उद्घाटन करने के लिए भी आएंगी। माफियाओं को मिट्टी में मिलायासीएम योगी ने कहा-माफियाओं को मिट्टी में मिलाने का काम भी कर दिया गया है। अब कोई राजू पाल, उमेश पाल की हत्या करने का दुसाहस नहीं कर पाएगा। पिछली सरकारें माफिया पालती थीं, उन्हें विकास के मतलब नहीं था। जाति के नाम पर बांटती थीं। विकास का पैसा हजम कर जाती थीं। भाषण के महत्वपूर्ण बिंदु…. पेट्रोलियम पदार्थ भारत में उपलब्ध हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी के नेतृत्व में सरकार ने पेट्रोलियम पदार्थों की कीमतों को अनियंत्रित रूप से बढ़ने नहीं दिया। . कश्मीर में धारा 370 समाप्त करके आतंकवाद की जड़ पर अंतिम प्रहार करने का काम भी मोदी जी के नेतृत्व में पूरा हुआ है। अब कश्मीर में दो प्रधान, दो विधान और दो निशान नहीं, बल्कि भारत का संविधान, भारत का तिरंगा और भारत का प्रधानमंत्री ही वहां की सर्वोच्च व्यवस्था है। . सबका सम्मान करते हुए विकास की नई धारा आगे बढ़ाई जा रही है। मथुरा-वृंदावन में विकास परिषद के माध्यम से विकास कार्यों को गति दी जा रही है। अयोध्या में 500 वर्षों के बाद श्रीराम जन्मभूमि पर भव्य राम मंदिर का निर्माण हो चुका है। . हमारा सौभाग्य है कि जनता द्वारा चुनी गई सरकार ने सांस्कृतिक गौरव को फिर से स्थापित करने का कार्य किया है। अयोध्या में जो अपमान 1528 में हुआ था, आज वहां दुनिया के सबसे भव्य मंदिरों में से एक का निर्माण हुआ है। . उत्तर प्रदेश में वर्षों से जमे माफियाओं को समाप्त करने का काम भी किया गया है। पहले हर जिले में माफिया पनपते थे और विकास का पैसा खत्म हो जाता था, लेकिन अब वही पैसा विकास में लग रहा है। युवाओं को नौकरी मिल रही है और माताओं-बहनों, व्यापारियों और उद्यमियों की सुरक्षा सुनिश्चित की गई है। . कुछ लोग महापुरुषों को जाति के आधार पर बांटकर समाज की एकता को तोड़ना चाहते हैं। हमें उनके मंसूबों को सफल नहीं होने देना है। महाराणा प्रताप, महाराणा सांगा और महाराजा सूरजमल जैसे महान योद्धाओं का बलिदान पूरे भारत और सनातन संस्कृति के लिए था। उन्हें किसी जाति के दायरे में नहीं बांटा जाना चाहिए। . आगरा के प्रसिद्ध पेठे को भी वैश्विक स्तर पर पहचान दिलाने का काम किया जाएगा। इसके साथ ही आगरा मेट्रो के दूसरे चरण, एयरपोर्ट के विकास, रबर डैम निर्माण और छत्रपति शिवाजी महाराज के संग्रहालय व स्मारक जैसी कई योजनाओं को आगे बढ़ाया जाएगा।
पानीपत जिले में जिला उपायुक्त वीरेंद्र सिंह दहिया ने मंगलवार दोपहर समालखा अनाज मंडी का औचक निरीक्षण किया। उन्होंने गेहूं खरीद में लापरवाही को लेकर फूड कॉर्पोरेशन ऑफ इंडिया (FCI) के अधिकारियों को फटकार लगाई। हालात से नाराज डीसी ने तत्काल प्रभाव से एफसीआई की जगह वेयरहाउस एजेंसी को गेहूं खरीद के आदेश दिए। निरीक्षण के दौरान पुलिस अधीक्षक भूपेंद्र सिंह भी उनके साथ मौजूद रहे। डीसी ने समालखा के एसडीएम अमित कुमार को स्पष्ट निर्देश दिए कि यदि अगले दो दिन में एफसीआई द्वारा गेहूं खरीद शुरू नहीं की गई, तो मार्केट कमेटी सचिव के माध्यम से संबंधित अधिकारियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज करवाई जाए। खरीद नहीं होने पर जताई नाराजगी उपायुक्त ने समालखा लाइन पार स्थित साइलो सेंटर के अब तक शुरू न होने पर भी कड़ी नाराजगी व्यक्त की। इस पर स्थानीय अधिकारियों ने आश्वासन दिया कि केंद्र को तीन-चार दिन में चालू कर दिया जाएगा। 1 अप्रैल से गेहूं की सरकारी खरीद शुरू करने के आदेश उल्लेखनीय है कि प्रदेश सरकार ने 1 अप्रैल से गेहूं की सरकारी खरीद शुरू करने के आदेश जारी किए थे। इसके बावजूद समालखा मंडी में खरीद व्यवस्था सुस्त रही। सोमवार को हैफेड द्वारा पहली बार 16,700 क्विंटल गेहूं की खरीद की गई, जबकि मंगलवार को एफसीआई को खरीद शुरू करनी थी, लेकिन दोपहर तक कार्य शुरू नहीं हुआ। एफसीआई के एमडी के खिलाफ कार्रवाई की चेतावनी करीब दोपहर 2 बजे डीसी और एसपी मंडी पहुंचे और किसानों व आढ़तियों से बातचीत कर स्थिति का जायजा लिया। इस दौरान डीसी ने एफसीआई अधिकारियों को सख्त लहजे में चेतावनी दी। उन्होंने कहा कि मौसम खराब होने के चलते तुरंत खरीद और लिफ्टिंग शुरू की जाए, अन्यथा उनके साथ-साथ एफसीआई के एमडी के खिलाफ भी कार्रवाई की जाएगी। निरीक्षण में मिली कई कमियां इसके बाद डीसी किसानों के बीच पहुंचे और गेहूं की ढेरियों की नमी की जांच करवाई। मौके पर मंडी आढ़ती एसोसिएशन के प्रधान बलजीत सिंह सहित कई आढ़ती और किसान मौजूद रहे।उपायुक्त के जाते ही बरसात शुरू हो गई, जिससे मंडी में कई जगह पानी खड़ा हो गया। इस स्थिति ने मंडी में जल निकासी व्यवस्था की कमी को उजागर किया।
वाराणसी में कर्मचारी कल्याण और सामुदायिक स्वास्थ्य को बढ़ावा देने की दिशा में एक सराहनीय पहल की गई। बीएचईएल (BHEL) के क्षेत्रीय सेवा केंद्र, पीएसएनआर वाराणसी ने मैक्स सुपर स्पेशलिटी अस्पताल, साकेत (नई दिल्ली) के सहयोग से एक उच्च स्तरीय निःशुल्क हृदय एवं मधुमेह जांच शिविर का आयोजन किया। 100 से अधिक लोगों की हुई मुफ्त जांच इस स्वास्थ्य शिविर में 100 से अधिक लोगों की मुफ्त जांच की गई। इसमें बीपी, ब्लड शुगर, ईसीजी (ECG) समेत कई जरूरी टेस्ट शामिल रहे। साथ ही, विशेषज्ञों ने प्रत्येक व्यक्ति को उनकी सेहत के अनुसार सलाह दी, जिससे उन्हें अपनी स्वास्थ्य स्थिति को बेहतर समझने में मदद मिली। यह शिविर क्षेत्रीय सेवा केंद्र परिसर में आयोजित हुआ, जिसमें बड़ी संख्या में कर्मचारियों और उनके परिजनों ने भाग लिया।कार्यक्रम में प्रख्यात कार्डियोलॉजिस्ट डॉ. विवेका कुमार, हृदय एवं फेफड़ा रोग विशेषज्ञ डॉ. राहुल चंदोला और वरिष्ठ फिजिशियन डॉ. अतुल कुमार शामिल रहे।डॉक्टरों की टीम ने न केवल जांच की, बल्कि प्रतिभागियों को हृदय और फेफड़ों के स्वास्थ्य से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारी और व्यक्तिगत परामर्श भी दिया। लाइफस्टाइल बदलना जरूरी तकनीकी सत्र के दौरान डॉ. विवेका कुमार ने कहा कि आधुनिक जीवनशैली हृदय रोगों के लिए बड़ी चुनौती बनती जा रही है।उन्होंने बताया कि बढ़ता तनाव, शारीरिक निष्क्रियता, नींद की कमी और फेफड़ों की अनदेखी हार्ट डिजीज के प्रमुख कारण हैं। उन्होंने लोगों से नियमित जांच और निवारक उपाय अपनाने की अपील की। CSR और ‘हेल्थ फर्स्ट’ की मिसाल यह आयोजन बीएचईएल की “हेल्थ फर्स्ट” नीति और कॉर्पोरेट सोशल रिस्पॉन्सिबिलिटी (CSR) के प्रति उसकी प्रतिबद्धता को दर्शाता है।कार्यक्रम के दौरान बीएचईएल के वरिष्ठ अधिकारियों ने मैक्स अस्पताल की टीम का स्वागत किया और उनके योगदान के लिए सम्मानित भी किया।
छत्तीसगढ़ के बिलासपुर में एआई के जरिए अश्लील फोटो बनाकर ब्लैकमेलिंग कर लाखों रुपए वसूली करने का बड़ा मामला सामने आया है। धन गुरुनानक दरबार गुरुद्वारे के रागी ने कारोबारी की बेटी और महिला सदस्यों को बदनाम करने धमकी देकर अब 20 करोड़ की डिमांड कर रहा है। आरोपी रागी ने गुरुद्वारा में शबद-कीर्तन के दौरान महिला से पहचान बनाई थी। पैसे नहीं देने पर वह तलवार लेकर वह कारोबारी के घर तक घुस गया। पीड़ित परिवार ने घटना की रिपोर्ट रायपुर के तेलीबांधा में दर्ज कराई थी। पुलिस ने शून्य में मामला दर्ज कर केस बिलासपुर के सिविल लाइन थाने में ट्रांसफर किया है। पुलिस के अनुसार, कारोबारी परिवार की महिला अपने पति और बच्चों के साथ सिविल लाइन क्षेत्र में रहती हैं। घर के पास स्थित गुरुद्वारा में पूजा और कीर्तन के दौरान उसकी पहचान एक रागी मनिंदर सिंह से हुई थी। वह मूलत: अमृतसर का रहने वाला है। मनिन्दर सिंह ने पहले परिवार से नजदीकी बढ़ाई, फिर महिला और उसकी 18 साल की बेटी को शबद-कीर्तन सिखाने लगा। रागी ने पहले उधार में लिए पैसे जिसके बाद मनिंदर ने परिवार के लोगों से उधार में पैसे लिए। लगातार कर्ज के नाम पर 5-10 हजार लेने लगा। जब परिवार के लोगों ने उसे पैसे देने से मना किया, तो उसने महिला को बदनाम करने की धमकी देना शुरू कर दिया। एआई से अश्लील फोटो बनाकर करने लगा ब्लैकमेल इस दौरान आरोपी ने व्हाट्सएप ग्रुप में महिला के चरित्र पर आपत्तिजनक पोस्ट भी डाले। आरोप है कि मनिन्दर सिंह ने एआई तकनीक के जरिए अश्लील फोटो और वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर वायरल करने की धमकी दी। जिसके बाद परिवार को डराकर ब्लैकमेल करने लगा। उसकी हरकतों से डरकर परिवार ने किस्तों में करीब 20 लाख रुपए आरोपी को दे दिए। डर के कारण घर छोड़कर भागा परिवार मनिंदर सिंह की लगातार धमकियों से डरे परिवार ने 16 मार्च 2026 की रात अपना घर छोड़ दिया, जिसके बाद परिवार सहित रायपुर स्थित अपने मायके चली गई। वहां भी आरोपी ने उनका पीछा नहीं छोड़ा। तलवार लेकर घर पहुंचा, जान से मारने की धमकी पीड़िता के अनुसार, आरोपी कई बार फोन कर धमकी देता था कि वह हथियार लेकर घर आ जाएगा और पूरे परिवार को खत्म कर देगा। वह परिवार से 2 करोड़ की मांग करने लगा। मना करने पर मनिंदर सिंह रायपुर के तेलीबांधा स्थित घर पर तलवार लेकर पहुंच गया। उसने सभी को जान से मारने की धमकी दी। उस वक्त पति ने हाथ-पैर जोड़कर और तत्काल 2 लाख रुपए देकर जान बचाई। तंग आकर थाने में दर्ज कराई रिपोर्ट इसके बाद आरोपी की मांग और बढ़ती गई और वह 2-3 करोड़ रुपए तक की मांग करने लगा। लगातार धमकियों से परेशान परिवार मानसिक रूप से टूट गया और आत्महत्या तक का विचार आने लगा। मायकेवालों की मदद से उन्होंने हिम्मत जुटाकर इस घटना की तेलीबांधा थाने में शिकायत दर्ज कराई। जिस पर पुलिस ने आरोपी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की धारा 308(2), 351(2) और 351(3) के तहत अपराध दर्ज कर किया है। अब अमृतसर से धमकी दे रहा है आरोपी इधर, मामला सामने आने और शिकायत के बाद गुरुद्वारा कमेटी ने मनिंदर सिंह को गुरुद्वारे से निकाल दिया है, जिसके बाद वह अमृतसर भाग गया। आरोप है कि अब वहीं से लगातार कॉल कर लगातार परिवार को धमकी दे रहा है। वहीं, केस दर्ज करने के बाद पुलिस की टीम आरोपी मनिंदर सिंह की तलाश कर रही है।
बांदा तहसील परिसर में एक युवक को लेखपाल और उसके सहयोगियों ने पीट दिया। युवक का आरोप है कि EWS प्रमाण पत्र बनवाने के दौरान यह घटना हुई। उसने नायब तहसीलदार पर भी पांच हजार रुपए न देने पर अपने कक्ष में बंधक बनाकर पीटने का आरोप लगाया है। पीड़ित ने सिविल लाइंस चौकी में तहरीर देकर कार्रवाई की मांग की है। पीड़ित निपुण मिश्रा ने बताया कि उसने EWS प्रमाण पत्र के लिए पहले से ऑनलाइन आवेदन किया था। मंगलवार को लेखपाल ने उसे तहसील बुलाया था। मंगलवार को दोपहर करीब 3 बजे जमालपुर गांव निवासी निपुण EWS प्रमाण पत्र बनवाने के लिए तहसील स्थित लेखपाल संघ भवन गया था। लेखपाल ने उससे 5 हजार रुपए की मांग की। पैसे देने से मना करने पर दोनों के बीच बहस शुरू हो गई। देखते ही देखते विवाद मारपीट में बदल गया। निपुण मिश्रा का आरोप है कि लेखपाल ने पहले प्रमाण पत्र बनाने से मना कर दिया। जब उन्होंने कारण पूछा और संबंधित रिपोर्ट दिखाने को कहा, तो लेखपाल और उसके साथियों ने उन्हें लात-घूंसों से पीटा। निपुण ने आरोप लगाया कि पांच हजार रुपए न देने पर नायब तहसीलदार के कक्ष में भी उन्हें दोबारा पीटा गया। 15 मिनट तक बंधक बनाकर रखा गया। इस दौरान हमलावरों ने जाति सूचक शब्दों का इस्तेमाल करते हुए अभद्रता भी की। वहीं दूसरी ओर, लेखपाल सुधीर यादव ने युवक निपुण मिश्रा पर गाली-गलौज करने, विवाद शुरू करने और सरकारी कार्य में बाधा डालने का आरोप लगाया है। नायब तहसीलदार से संपर्क करने का प्रयास किया गया, तो उन्होंने फोन नहीं उठाया। सीओ सिटी मेविस टाक ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है। जांच के तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
जालोर में हुई दिशा की बैठक में जालोर-सिरोही सांसद लुम्बाराम चौधरी, मुख्य सचेतक जोगेश्वर गर्ग, भीनमाल विधायक समरजीत सिंह और रानीवाड़ा विधायक रतन देवासी मौजूद रहे। इसमें सांसद ने बिजली, पानी और जल जीवन मिशन के काम पूरे नहीं होने पर नाराजगी जताई। बैठक सुबह 11 बजे से शाम तक चली। इस दौरान मुख्य सचेतक जोगेश्वर गर्ग ने आरडीएसएस प्रभारी और भीनमाल एक्सईन पूनमाराम बिश्नोई से कहा- जहां आपकी जाति के लोग नहीं वहां भी काम कीजिए। इस पर XEN ने कहा- जाति की बात नहीं, ठेकेदार की दिक्कत है। गर्ग बोले- कितनी जगह काम चल रहा यह बताओ मीटिंग में मुख्य सचेतक जोगेश्वर गर्ग ने बिजली विभाग के आरडीएसएस प्रभारी और भीनमाल एक्सईन पूनमाराम बिश्नोई से कहा- सायला में कितनी जगह काम चल रहे हैं। XEN ने पूरे जिले में 8 काम जगह काम होना बताया। इस पर गर्ग ने कहा- मुझे सिर्फ सायला उपखंड में कितनी जगह काम चल रहा यह बताओ। जहां आपकी जाति के लोग नहीं हैं। वहां भी काम होना चाहिए। उसके जबाव में विश्नोई ने कहा- जाति की बात नहीं है. ठेकेदार के कारण दिक्कत आ रही है। मैं सोच समझ कर बोल रहा हूं गर्ग ने कहा- मैं बोल रहा हूं तो सोच समझ कर बोल रहा हूं। उस तरफ आप का अधिक ध्यान है, दूसरी तरफ कम ध्यान रहता है। पूर्व मंत्री सुखराम विश्नोई के राज में भी सब काम उधर के हुए और अब हमारे राज में भी उनके काम होंगे। हमारे काम अभी भी ऐसे ही पड़े रहेंगे। इस पर सांसद लुम्बाराम ने एक्सईन से कहा- ठेकेदार समय पर काम नहीं कर रहा है तो उसके ऊपर पेनल्टी लगाओ और कार्रवाई करो। फिर भी काम नहीं कर रहें तो ब्लैक लिस्ट करो। गर्ग ने जालोर बिजली विभाग के एसी से बोले आरडीएसएस प्रथम फेज के दौरान भी अधिकतर काम उनके सेंक्शन हुए वो उस समय मंत्री थे। हमारे सभी काम सेकेंड फेज में डाल दिए और सेकेंड फेज में भी सभी काम उनके हो रहे। हमारे काम नहीं हो रहे। कलेक्टर से कहा- आप ठेकेदार की जांच कराओ इस दौरान ग्रामीण इलाकों में बिजली नहीं आने की बात पर सांसद लुम्बाराम नाराज हो गए। उन्होंने बिजली विभाग के एससी विजय सिंह से कहा- बात का जवाब दो। विशाला में नहीं लाइन खींची और सरकार का पैसा बर्बाद किया। लेकिन अभी तक वह कोई काम नहीं आ रहा है। आपने अधिकारियों और ठेकेदार के खिलाफ क्या कार्रवाई की। इसके बाद कलेक्टर डॉ. प्रदीप के गावंडे से कहा- आप जांच कराओ ठेकेदार के खिलाफ कार्रवाई करो। विधायक बोले- डिबेट मत करो, काम करो रानीवाड़ा विधायक रतन देवासी ने बताया- जलजीवन मिशन में 160 गांव हैं। इसमें कितने गांवों के ढाणियों में पानी आ रहा है। अधिकारियों पर आरोप लगाते हुए कहा- सरनाऊ में कितने प्रतिशत काम हुआ। जालोर में बिजली, पानी और चिकित्सा ही जिसके लिए लोगों को अधिक दिक्कत होती हैं। बाकी अन्य समस्याओं पर तो लोग बोलते ही नहीं है। इस पर अधिकारियों ने जवाब दिया तो देवासी ने कहा- आप डिबेट मत करो, आने वाले दिनों में गर्मी का मौसम है। लोगों के फोन हमारे पास (सांसद व विधायकों) ही आने है। देख लेना यहां फिर गर्मी में पानी की दिक्कत आएगी। योजना में गांव-ढाणियों में होने वाले काम के पाइंट अनुसार नक्शा बनाकर ग्राम पंचायत में लगाने थे। लेकिन, एक भी ग्राम पंचायत में नहीं लगाया। आंकड़े तो सही मिलेंगे लेकिन कनेक्शन की जानकारी सही नहीं मिलेगी। लेकिन, जिसको मिलने थे उनको नहीं मिला। हम कोर्ट जाएंगे देवासी ने कहा- हर बार जल जीवन मिशन को लेकर अधिकारी यही सफाई देते हैं। अगर हमारी समस्या का समाधान नहीं हुआ तो हम कोर्ट जाएंगे। देवासी ने कहा- जालोर के पांच गांवों के नाम देता हूं। जाकर देख लो सब जगह-कई ढाणियों में लाइन नहीं बिछाई और पानी नहीं आ रहा है। चाहे जांच करा देना। सांसद बोले- सरकार पर दोष थोप देते हो भीनमाल विधायक समरजीत सिंह ने मुख्य सचेतक गर्ग से कहा- जालोर में अभी तो लड़ रहे कि ईआर प्रोजेक्ट के तहत पाइप लाइन ही नहीं बिछाई गई है। ईआर प्रोजेक्ट करीब 2013 से शुरू हुआ है और अब तक इसके पूरे होने का कोई संभावना नहीं हैं। अभी तक भीनमाल में पंप हाऊस तक तैयार नहीं हुआ। ठेकेदार पाइप लाइन डाल कर भाग गए हैं। पैसा नहीं हैं इस लिए यह सारी समस्या हो रही हैं। अब डबल इंजन की सरकार दिल्ली से या कई से पैसा लाओ और इस काम को पूरा कराइए। सांसद लुम्बाराम ने जलजीवन मिशन के एक्सईन लछुराम से कहा- 500 फीट के लिए पूरा काम रोक रखा है। 20-25 पाइप के कारण काम रुका है। आप निचले लेवल पर काम करना ही नहीं चाहते और सारे दोष सरकार पर थोप रहे हैं।
पाली जिले में इन दिनों लोग अजीब घटना से दहशत में है। उनका आरोप है कि पिछले कुछ दिनों से आसमान से पत्थर बरस रहे हैं। इसके कारण कच्चे मकानों की छतें टूट रही हैं। पीड़ित लोग कलेक्टर से लेकर रोहट एसडीएम तक को शिकायत कर चुके हैं। साथ ही प्रशासन से मामले की जांच की मांग की है। दरअसल, पाली जिले के रोहट के रैगरों का मोहल्ला में रहने वाले लोगों को आरोप है कि उनके मोहल्ले में शाम ढलने के बाद रात में कभी भी अचानक आसमान से पत्थर गिरने लग जाते है। इसके कारण कई कच्चे मकानों की सीमेंट की चद्दरों से बनी छत टूट रही है। उनका कहना है- इसको लेकर अपने स्तर पर कई बार जांच की, लेकिन पत्थर कहां से आ रहे है, इसका कोई सुराग नहीं मिला। समस्या के समाधान की मांग को लेकर उन्होंने जिला कलेकटर, रोहट एसडीएम और रोहट थानाप्रभारी तक को ज्ञापन सौंपा है, जिससे इस अजीब समस्या से निजात मिल सके। क्षेत्रवासियों को आशंका है कि यह किसी व्यक्ति की ओर से की गई हरकत भी हो सकती है, लेकिन इसका पता पुलिस और प्रशासन ही लगा सकता है।
महेंद्रगढ़ में एसडीएम योगेश सैनी ने शहर को अतिक्रमण मुक्त बनाने के लिए अभियान चलाने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने नगर पालिका अधिकारियों और कर्मचारियों की बैठक में दुकानदारों को 24 घंटे के भीतर अतिक्रमण हटाने का अल्टीमेटम दिया। नियमों का पालन न करने वाले दुकानदारों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। मंगलवार को अपने कार्यालय में हुई बैठक में एसडीएम सैनी ने कहा कि शहर में मुनादी करवाकर दुकानदारों को सूचित किया जाए कि वे सड़क और शॉपिंग कॉम्प्लेक्स के बरामदों से अपना सामान हटा लें। यह अभियान महेंद्रगढ़ को स्वच्छ और सुगम बनाने के उद्देश्य से चलाया जा रहा है। शॉपिंग कॉम्प्लेक्स के बरामदों और सड़कों से सामान हटाने के निर्देश एसडीएम ने स्पष्ट किया कि दुकानदार शॉपिंग कॉम्प्लेक्स के बरामदों और सड़कों पर कोई भी स्थायी या बेचने वाली वस्तु नहीं रखेंगे। सभी दुकानदारों को अपने अधिकृत क्षेत्र में ही सामान रखने के निर्देश दिए गए हैं, ताकि आम जनता को किसी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े। रेहड़ी लगाने वालों पर भी होगी कार्रवाई उन्होंने चेतावनी दी कि सार्वजनिक मार्गों पर यदि कोई अस्थायी सामान, काउंटर या अन्य अतिक्रमण पाया गया, तो उसे तत्काल हटा लिया जाएगा। इसके अतिरिक्त, सड़क से सटाकर रेहड़ी लगाने वाले रेहड़ी-पटरी वालों के विरुद्ध भी नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। इस बैठक में नगर पालिका चेयरमैन रमेश सैनी, एमई राजेश, जेई नवदीप सहित कई नगर पालिका पार्षद उपस्थित थे।
बिलासपुर जिले के जनदर्शन कार्यक्रम में मंगलवार को कई समस्याओं को लेकर ग्रामीण और नागरिक पहुंचे। कलेक्टर संजय अग्रवाल के निर्देश पर निगम कमिश्नर प्रकाश कुमार सर्वे और एडीएम शिव कुमार बनर्जी ने लोगों की शिकायतें सुनीं। इनमें विजयपुर के एक प्रधान अध्यापक को हटाने की मांग, पेयजल समस्या और स्वरोजगार के लिए ऋण संबंधी आवेदन प्रमुख थे। कलेक्टर ने अधिकारियों को समय सीमा में समस्याओं का निराकरण करने के निर्देश दिए। शराब के नशे में स्कूल पहुंचते हैं प्रधान अध्यापक तखतपुर विकासखंड के ग्राम पंचायत विजयपुर के ग्रामीणों ने प्राथमिक शाला विजयपुर के प्रधान अध्यापक भरत ध्रुव पर गंभीर आरोप लगाए। ग्रामीणों ने बताया कि प्रधान अध्यापक शराब का सेवन कर शाला में दुर्व्यवहार करते हैं और बच्चों को पढ़ाने में लापरवाही बरतते हैं। उन्होंने यह भी शिकायत की कि पहले भी शिकायतें की गई थीं, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। कलेक्टर संजय अग्रवाल ने इस मामले में डीईओ को कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। अधिकारियों ने सुनी ग्रामीणों की समस्याएं जनदर्शन में अधिकांश मामलों का मौके पर ही परीक्षण कर आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए। अधिकारियों ने ग्रामीणों की समस्याओं को गंभीरता से सुना और संबंधित विभागों को त्वरित समाधान के लिए निर्देशित किया। रतनपुर की अंकिता कमलसेन और सिंघरी की प्रतिभा कोशले ने स्वयं का रोजगार स्थापित करने के लिए शासन की योजना के तहत ऋण दिलाने की मांग की। इस संबंध में लीड बैंक मैनेजर को आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए। ग्राम मेण्ड्रा के सूरज सूर्यवंशी सहित अन्य ग्रामवासियों ने पेयजल की समस्या से अवगत कराया। पीएचई विभाग को इस मामले की जांच कर आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए। पीएम आवास की किस्त नहीं मिल रही बेलतरा तहसील के बाम्हू निवासी परसराम ने जनदर्शन में आवेदन देकर बताया कि, उन्हें प्रधानमंत्री आवास योजना की पहली किश्त की राशि मिल चुकी है, लेकिन दूसरे और तीसरे किश्त की राशि आज तक नहीं मिलने के कारण उनके आवास का काम अधूरा है। उन्होंने बाकी बची किश्त की राशि दिलाने की मांग की है। प्रकरण को बिल्हा के जनपद पंचायत सीईओ को भेजते हुए आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए है। ग्राम ऊनी की किरण वैष्णव ने बताया कि, कुंआ की सफाई करने के दौरान उनके पति और बेटे बिजली तार की चपेट में आ गए। जिससे उनकी मौत हो गई। इस मामले में बिजली विभाग के कार्यपालन अभियंता को प्रकरण की जांच कर आवश्यक कार्रवाई करने कहा गया। रास्ते में बेजा कब्जा कर मकान बनाया सिंद्यरी के दिनेश कुमार ने गांव के दूजराम के द्वारा किए गए अवैध कब्जे की शिकायत कलेक्टर से की। उन्होंने बताया कि दूजराम द्वारा पक्का मकान बनाकर रास्ता अवरूद्ध कर दिया गया है। रास्ता बाधित होने के कारण आवाजाही में उन्हें और ग्रामीणों को असुविधा का सामना करना पड़ रहा है। मामले को संबंधित अधिकारी को सौंपते हुए कार्रवाई करने के निर्देश दिए।
सुल्तानपुर में SP चारु निगम का अपने ही एक इंस्पेक्टर पर नाराजगी जताने का वीडियो सामने आया है। एक अपराध स्थल के निरीक्षण के दौरान एसपी बाइट दे रही थीं। उनके पीछे खड़े इंस्पेक्टर फोन पर बात कर रहे थे। इसी दौरान एसपी नाराज हो गईं और उन्होंने गुस्से में कहा- अरे! तुम ही बोल लो यार। घटना दो दिन पहले रविवार को लखनऊ-वाराणसी राष्ट्रीय राजमार्ग पर पयागीपुर इलाके में हुई थी। यहां एक ट्रक के अंदर से ड्राइवर का शव बरामद हुआ था। सूचना मिलने पर एसपी चारु निगम पुलिस बल के साथ घटनास्थल पर पहुंचीं और मामले की जांच शुरू की। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा था। वीडियो के संबंध में एसपी चारु निगम ने स्पष्टीकरण दिया। उन्होंने बताया कि वह एक घटना का स्थलीय निरीक्षण कर रही थीं। घटनास्थल हाईवे पर होने के कारण काफी शोरगुल था। उनकी टीम का एक दारोगा घटना से संबंधित जानकारी फोन पर ले रहा था। इसी दौरान मीडिया बाइट लेने लगी, जिसमें दारोगा की आवाज पीछे से आ रही थी। बाइट में आवाज साफ न आने के कारण उन्होंने दारोगा से कहा, अरे! तुम ही बोल लो यार या मैं। उन्होंने बताया कि यह पूरा मामला बस इतना ही था।
शिवपुरी शहर में मंगलवार दोपहर अचानक मौसम बदल गया। तेज हवाओं के साथ करीब आधे घंटे तक जोरदार बारिश हुई, जिससे तापमान में गिरावट दर्ज की गई। इसके बाद हल्की बारिश का दौर जारी रहा। मौसम विभाग ने जिले और आसपास के क्षेत्रों के लिए 9 अप्रैल तक आंधी-बारिश का अलर्ट जारी किया है। मंगलवार दोपहर को शिवपुरी में तेज हवाओं के साथ बारिश शुरू हुई। हवाएं 60 से 70 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चलीं, जिससे धूल भरी आंधी का माहौल बन गया। इस बदलाव से लोगों को गर्मी से राहत मिली और तापमान में अचानक गिरावट आई। कलेक्ट्रेट परिसर में गिरा होर्डिंगतेज हवाओं का असर इतना अधिक था कि कलेक्ट्रेट परिसर में लगा एक बड़ा होर्डिंग उखड़कर सड़क पर आ गिरा। बारिश के बाद शहर का मौसम सुहावना हो गया, हालांकि कुछ समय तक हल्की बूंदाबांदी जारी रही। तेज हवाओं के कारण कई स्थानों पर धूल उड़ती दिखी, जिससे दृश्यता भी प्रभावित हुई। पश्चिमी विक्षोभ के कारण बदला मौसममौसम विभाग के अनुसार, मध्य प्रदेश में एक नया पश्चिमी विक्षोभ (वेदर सिस्टम) सक्रिय हो गया है। इसके प्रभाव से अगले कुछ घंटों में राज्य के कई जिलों में बारिश, गरज-चमक और ओलावृष्टि की संभावना है। कई जिलों में अलर्ट जारीमौसम विभाग ने भिंड और श्योपुर जिलों के लिए मध्यम गरज के साथ आकाशीय बिजली और ओलावृष्टि का अलर्ट जारी किया है। इसके अतिरिक्त, शिवपुरी, ग्वालियर, मुरैना, दतिया, गुना, अशोकनगर, निवाड़ी, टीकमगढ़, सतना, चित्रकूट और रीवा जिलों में हल्की गरज के साथ बिजली गिरने और बारिश की संभावना व्यक्त की गई है। 9 अप्रैल तक बना रहेगा असरआईएमडी (भारतीय मौसम विज्ञान विभाग) भोपाल के अनुसार, इस वेदर सिस्टम का असर 9 अप्रैल तक प्रदेश के ग्वालियर, चंबल, सागर और रीवा संभागों में बना रहेगा। मंगलवार को राज्य के कुल 34 जिलों में मौसम को लेकर अलर्ट जारी किया गया था। मौसम विभाग ने लोगों को खराब मौसम के दौरान सतर्क रहने और आकाशीय बिजली से बचाव के उपाय करने की सलाह दी है।
इंदौर की फैमिली कोर्ट ने नारायण सांई की पत्नी की याचिका पर सुनवाई करते हुए तलाक को मंजूरी दे दी है। कोर्ट ने आदेश दिया है कि नारायण साईं अपनी पत्नी जानकी को 2 करोड़ रुपए एलुमनी (स्थायी भरण-पोषण) के रूप में अदा करेंगे। नारायण सांई की पत्नी ने इंदौर फैमिली कोर्ट में तलाक की याचिका दायर की थी। इस मामले में सुनवाई पूरी होने के बाद कोर्ट ने फैसला सुरक्षित रखा था। मामले में कोर्ट ने 2 अप्रैल को आदेश दिया, जिसकी विधिवत जानकारी मंगलवार को पीड़िता नारायण की पत्नी जानकी के एडवोकेट अनुराग गोयल ने दी। याचिका में बताया गया था कि वर्ष 2008 में जानकी का विवाह नारायण साईं से हुआ था, लेकिन वर्ष 2013 से दोनों अलग रह रहे हैं। इस अवधि में उनके बीच वैवाहिक संबंध नहीं रहे और पति द्वारा परित्याग किए जाने का आरोप लगाया गया। पत्नी ने यह भी कहा कि वह लंबे समय से अपनी मां के साथ रह रही हैं। याचिका में नारायण सांई पर अन्य महिलाओं से संबंध होने के आरोप भी लगाए गए थे। साथ ही सूरत की कोर्ट द्वारा दुष्कर्म मामले में सुनाई गई सजा का उल्लेख भी किया गया। 5 करोड़ की मांग, 2 करोड़ पर फैसला पत्नी ने 5 करोड़ रुपए एलुमनी की मांग की थी, लेकिन फैमिली कोर्ट ने दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद 2 करोड़ रुपए देने का आदेश पारित किया। भरण-पोषण के 50 लाख बकाया एडवोकेट गोयल के मुताबिक, धारा 125 सीआरपीसी के तहत भरण-पोषण के लिए अलग से दायर आवेदन में अदालत ने नारायण साईं को 50 हजार रुपए प्रतिमाह देने का आदेश दिया था। हालांकि यह राशि नियमित रूप से अदा नहीं की गई, जिससे बकाया राशि करीब 50 लाख रुपए तक पहुंच गई है। इसकी वसूली की प्रक्रिया भी शुरू की जाएगी। हाई कोर्ट में चुनौती संभव जानकारी के अनुसार, नारायण साईं की पत्नी फैमिली कोर्ट के आदेश को हाई कोर्ट में चुनौती दे सकती हैं। संपत्तियों के सत्यापन को लेकर इंदौर कलेक्टर को भी निर्देश दिए गए थे, लेकिन अब तक संपत्ति संबंधी विस्तृत जानकारी कोर्ट समक्ष प्रस्तुत नहीं की गई है।
अलवर में तेज बारिश, किसानों की चिंता बढ़ी:कल भी बरसात का अलर्ट, तापमान गिरने से सर्दी का अहसास हुआ
अलवर में मंगलवार देर शाम करीब साढ़े 7 बजे के बाद मौसम अचानक बदल गया। तेज बारिश शुरू हो गई। अचानक हुई बारिश से तापमान में गिरावट दर्ज की गई। वहीं, लोगों को भीषण गर्मी से राहत मिली। वहीं, बुधवार को भी बारिश का अलर्ट है। इससे पहले पूरे दिन अलवर में बादल छाए रहे। सुबह और दोपहर के समय हल्की बूंदाबांदी हुई। वहीं, धूप भी निकली। शाम होते-होते मौसम बदल गया। तेज बारिश शुरू हो गई। इस बदलाव ने किसानों की चिंता बढ़ा दी है। गेहूं की फसल को नुकसान किसान तिलक राज शर्मा ने बताया- जिले के आसपास के क्षेत्रों में एक दिन पहले भी बारिश हुई थी, जिससे किसानों की परेशानी बढ़ गई है। इस समय गेहूं और चना की फसल की कटाई चल रही है। अधिकतर फसल अभी खेतों में ही पड़ी है। ऐसे में बारिश से गेहूं की फसल को सबसे ज्यादा नुकसान होने की आशंका है। वहीं कुछ जगहों पर सरसों की कटाई भी जारी है, जिस पर भी बारिश का असर पड़ रहा है।
ऑस्ट्रेलिया के काउंसलेट जनरल बर्नार्ड लिंच ने अपने रायपुर दौरे के दौरान पुलिस कमिश्नर कार्यालय पहुंचे, जहां पुलिस कमिश्नर डॉ. संजीव शुक्ला और अतिरिक्त पुलिस कमिश्नर अमित तुकाराम कांबले से मुलाकात की। उन्होंने छत्तीसगढ़ पुलिस की कार्यप्रणाली और आधुनिक पुलिसिंग व्यवस्थाओं को करीब से जाना। मुलाकात के दौरान डिप्टी पुलिस कमिश्नर (नॉर्थ) मयंक गुर्जर ने पीपीटी प्रेजेंटेशन के माध्यम से पुलिसिंग के विभिन्न पहलुओं की विस्तृत जानकारी दी। इसमें नवा रायपुर पुलिस कमिश्नरेट की कार्यप्रणाली, बड़े आयोजनों के दौरान भीड़ नियंत्रण की रणनीति, तकनीकी संसाधनों का उपयोग और वर्तमान सुरक्षा व्यवस्था पर विस्तार से चर्चा की गई। इसके अलावा, आमजन की सुविधा के लिए संचालित सेवाओं जैसे डायल 112, पिंक पेट्रोल यूनिट और ‘संवाद से समाधान’ कार्यक्रम की जानकारी भी काउंसलेट जनरल को दी गई। अधिकारियों ने बताया कि इन योजनाओं के माध्यम से पुलिस और आम जनता के बीच बेहतर समन्वय स्थापित हुआ है और शिकायतों के त्वरित निराकरण में मदद मिल रही है। लोक संस्कृति, पारंपरिक कला और पर्यटन की संभावनाओं पर भी चर्चा की इस मुलाकात के दौरान छत्तीसगढ़ की समृद्ध लोक संस्कृति, पारंपरिक कला और पर्यटन की संभावनाओं पर भी चर्चा हुई। बर्नार्ड लिंच ने राज्य की सांस्कृतिक विविधता और प्राकृतिक सुंदरता की सराहना की। इस अवसर पर अतिरिक्त पुलिस उपायुक्त (मुख्यालय) डॉ. अर्चना झा भी मौजूद रहीं। कार्यक्रम के अंत में पुलिस कमिश्नर डॉ. संजीव शुक्ला ने बर्नार्ड लिंच को स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया। काउंसलेट जनरल बर्नार्ड लिंच ने छत्तीसगढ़ पुलिस द्वारा दी गई विस्तृत जानकारी और आत्मीय स्वागत के लिए आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि यहां की पुलिसिंग व्यवस्था प्रभावी और संगठित है, जो आम नागरिकों की सुरक्षा और सुविधा के प्रति प्रतिबद्धता को दर्शाती है।
लखनऊ में साइबर जालसाजों ने एयरटेल कंपनी के डायरेक्टर को एपीके फाइल भेजकर मोबाइल हैककर 10 लाख रुपए ठग लिए। तीन अलग-अलग खातों में रुपए ट्रांसफर करवा लिए। जालसाजी का पता चलने पर पीड़ित पुलिस के पास पहुंचे। पुलिस ने तत्परता से कार्रवाई करते हुए पूरी रकम रिफंड करवा दी। अर्जुनगंज लखनऊ निवासी योगेंद्र कुमार एयरटेल में डायरेक्टर हैं। योगेंद्र को मोबाइल चलाने के दौरान रुपए निवेश कर मोटा मुनाफा कमाने का मैसेज मिला। उस मैसेज पर रिस्पांस करने पर एक Malicious Malware फाइल भेजी गई। इसके बाद पीड़ित का फोन हैक हो गया। जिसके बाद नेट बैंकिंग का इस्तेमाल करते हुए उनके खाते से तीन बार में 10 लाख रुपए कट गए। इसके बाद जालसाज और रुपए की डिमांड करने लगे। इस पर पीड़ित जानकारी करने के लिए साइबर थाने पहुंचे। मामले में साइबर थाना इंस्पेक्टर बृजेश कुमार यादव ने बताया कि 17 फरवरी की पीड़ित ने आकर पूरा मामला बताया। उनकी शिकायत पर जांच की गई तो जिस खाते में रकम गई थी उसमें पूरा पैसा पड़े होने की जानकारी हुई। इस पर मुकदमा दर्ज करके कार्रवाई में तेजी लाई गई। बैंक में रुपए फ्रीज कर दिए गए। कोर्ट रिलीज करने का आर्डर मंगाया गया। पीड़ित को ऑर्डर मिलते ही 10 लाख रुपए मंगलवार को वापस हो गई। आरोपियों की पहचान कर उनके खिलाफ कार्रवाई की जा रही है। ठगी होने पर तुरंत शिकायत करें एडीसीपी क्राइम किरन यादव ने बताया- साइबर अपराध के मामलों को पुलिस अत्यंत गंभीरता से लेते हुए पीड़ितों की धनराशि की शीघ्र रिकवरी के लिए निरंतर प्रयासरत है। इस प्रकरण में भी त्वरित कार्रवाई करते हुए मुकदमा दर्ज कराया गया। गोल्डन टाइम में ही NCCRP पोर्टल पर शिकायत दर्ज कर फ्राडस्टरों के खाते को फ्रीज कराया गया। कोर्ट के द्वारा फ्राड की हुई 10 लाख रकम वापस कराई गई है। साइबर ठगी होने पर तुरंत इसकी शिकायत राष्ट्रीय साइबर क्राइम हेल्पलाइन नं-1930 या cybercrime.gov.in पर दर्ज कराएं। पुलिस पर भरोसा बढ़ारुपए मिलने के बाद पीड़ित योगेंद्र ने लखनऊ पुलिस का धन्यवाद किया। उन्होंने कहा मेरे साथ हुए 10 लाख के साइबर फ्रॉड के मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए पूरी रकम बरामद कर मुझे वापस दिलाई गई। इससे आम जनता का पुलिस पर विश्वास और मजबूत हुआ है।
चंडीगढ़ में नाबालिग छात्रा से रेप और धमकाकर शोषण करने के मामले में डिस्ट्रिक्ट कोर्ट ने दोषी युवक को 20 साल की सजा सुनाई है और उस पर 22 हजार रुपए का जुर्माना भी लगाया है। सेक्टर-39 थाना में दर्ज शिकायत के अनुसार, फरवरी 2021 में छात्रा की आरोपी सेक्टर-56 निवासी 22 वर्षीय रणधीर सिंह उर्फ रोहित से स्कूल के बाहर मुलाकात हुई थी। आरोपी ने दोस्ती का भरोसा जीतकर उसका मोबाइल अपने पास रख लिया और वापस देने के बहाने उसे घर बुलाया। वहां उसने जबरन रेप किया। परिवार को मारने और गैंगरेप की धमकी रेप के बाद आरोपी ने छात्रा को चुप रहने के लिए उसके परिवार को जान से मारने की धमकी दी। वह लगातार उसे डराता रहा और यहां तक कहता था कि उसकी बात न मानने पर उसके साथ सामूहिक दुष्कर्म कराया जाएगा। छात्रा को घर बुलाकर जबरन शारीरिक संबंध बनाए और किसी को बताने पर परिवार को जान से मारने की धमकी दी। वह स्कूल की दीवार फांदकर भी डराता-धमकाता था। छात्रा की फर्जी आईडी बनाकर सोशल मीडिया पर अश्लील फोटो पोस्ट करने की धमकी दी। लगातार मानसिक दबाव के चलते छात्रा ने आत्महत्या का प्रयास भी किया था, लेकिन उसकी मां ने समय रहते उसे बचा लिया। छात्रा पिछले दो वर्षों से मानसिक प्रताड़ना झेल रही थी। पुलिस ने मामले की जांच कर दोषी को गिरफ्तार किया और अदालत में पेश किया, जहां सुनवाई के बाद अदालत ने युवक को दोषी करार देते हुए 20 साल कैद और जुर्माने की सजा सुनाई है।
हनुमानगढ़ पुलिस ने सोशल मीडिया के जरिए संदिग्ध गतिविधियों में शामिल एक युवक को गिरफ्तार किया है। आरोपी पर पाकिस्तान स्थित आतंकी संगठन से जुड़े शहजाद भट्टी से संपर्क रखने और भड़काऊ सामग्री साझा करने का आरोप है। यह गिरफ्तारी 6 अप्रैल को हनुमानगढ़ जंक्शन क्षेत्र से हुई। गिरफ्तार किए गए युवक की पहचान सुनील कुमार उर्फ धोलू (29) निवासी वार्ड नंबर 54, सुरेशिया के रूप में हुई है। पुलिस ने उसके कब्जे से एक देसी पिस्टल भी बरामद की थी। शुरुआत में उसे आर्म्स एक्ट के तहत पकड़ा गया था। हालांकि, आरोपी के मोबाइल और सोशल मीडिया अकाउंट की गहन जांच में चौंकाने वाले तथ्य सामने आए। पुलिस जांच में पता चला कि सुनील कुमार उर्फ धोलू सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म के माध्यम से पाकिस्तान के आतंकी शहजाद भट्टी के संपर्क में था। वह व्हाट्सएप के जरिए संदेशों का आदान-प्रदान करता था और सोशल मीडिया पर हथियारों से जुड़े पोस्ट भी अपलोड करता था। पुलिस के अनुसार आरोपी सुनील कुमार के खिलाफ विभिन्न थानों में आर्म्स एक्ट और अन्य गंभीर धाराओं में पहले से करीब 10 मामले दर्ज हैं। जांच में यह भी सामने आया कि आरोपी आतंकी शहजाद भट्टी के विचारों से प्रभावित था और उसके निर्देशों के अनुसार काम करने की कोशिश कर रहा था। पुलिस को आशंका है कि वह देश के खिलाफ माहौल बनाने और लोगों को भड़काने का प्रयास कर रहा था। इस मामले में पुलिस ने आरोपी के खिलाफ संबंधित धाराओं में केस दर्ज कर आगे की जांच शुरू कर दी है। पुलिस उसके नेटवर्क और उससे जुड़े अन्य लोगों की भी जांच कर रही है। इस कार्रवाई में एएसपी, डीएसटी टीम और थाना जंक्शन पुलिस की संयुक्त टीम शामिल रही, जिसने तकनीकी जांच और मुखबिरों के नेटवर्क के माध्यम से आरोपी को पकड़ने में सफलता हासिल की। गौरतलब है कि पिछले दिनों अंबाला में पकड़ी गई आईईडी की खेप के हनुमानगढ़ के रास्ते जाने की जानकारी सामने आने के बाद पुलिस आतंकियों के स्लीपर सैल सक्रिय होने की आशंका के आधार पर काम कर रही है। पुलिस की गहन छानबीन में ऐसे युवकों की जानकारी सामने आ रही है जो किसी तरीके से आतंकी नेटवर्क से जुड़े हैं या जुड़ने की कोशिश कर रहे हैं। एसपी नरेंद्र सिंह मीना ने बताया कि राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़े मामलों में किसी भी तरह की लापरवाही नहीं बरती जाएगी और ऐसे तत्वों के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी है। पुलिस ने ऐसे मामलों की जांच के लिए विशेष टीम गठित की है और अन्य एजेंसियों से भी लगातार सूचना साझी की जा रही है।
बिलासपुर में बर्ड फ्लू के कारण पोल्ट्री फार्म और मांस की दुकानें बंद होने से नाराज व्यापारी कलेक्ट्रेट पहुंचे। उन्होंने अधिकारियों से दुकानें खोलने की अनुमति देने की मांग की। दरअसल, कोनी कुक्कुट क्षेत्र में पिछले पखवाड़े बर्ड फ्लू के कारण 4400 से अधिक मुर्गियों की मौत हो गई थी। इसके बाद प्रशासन ने अलर्ट जारी करते हुए 10 किलोमीटर के दायरे में मांस की दुकानें बंद करा दी थीं। दो हफ्तों से कारोबार ठप पोल्ट्री एसोसिएशन के अध्यक्ष विपुल विश्वास ने अधिकारियों को ज्ञापन सौंपा। उन्होंने बताया कि नवरात्रि के 9 दिन और उसके बाद बर्ड फ्लू की आशंकाओं के चलते पिछले दो हफ्तों से उनका कारोबार ठप है। हर दिन डेढ़ से दो करोड़ का नुकसान दुकानें बंद होने से उन्हें प्रतिदिन डेढ़ से दो करोड़ रुपए का नुकसान हो रहा है। इस कारण 200 से अधिक रिटेल काउंटरों पर काम करने वाले सैकड़ों लोग बेरोजगार हो गए हैं। उनके सामने रोजी-रोटी का संकट खड़ा हो गया है। पोल्ट्री कारोबार 21 दिनों से बंद होने के कारण इस व्यवसाय से जुड़े लोग परेशान हैं। बैंक से कर्ज लेकर वाहन और दुकानें किराए पर चलाने वाले व्यापारियों को कर्मचारियों का वेतन देने, परिवार चलाने और बैंक की किस्त चुकाने में कठिनाई हो रही है। इससे उनमें भारी आक्रोश है। दुकानें खोलने की अनुमति दी जाए पोल्ट्री एसोसिएशन ने मांग की है कि उन्हें नियमों के तहत दुकानें खोलने की अनुमति दी जाए। व्यापारियों ने आश्वासन दिया है कि वे इस दौरान सुरक्षा संबंधी सभी प्रावधानों का पालन करेंगे। जांच रिपोर्ट के बाद होगा फैसला कोनी में बर्ड फ्लू के प्रकोप के मामले में केंद्रीय जांच कमेटी की 4 सदस्यीय टीम बिलासपुर में जांच कर रही है। इस मामले में जांच रिपोर्ट आने के बाद कोई फैसला करने की बात कही जा रही है।
छत्तीसगढ़ में महिला अपराधों में वृद्धि, नशे के बढ़ते कारोबार और पुलिस की निष्क्रियता के विरेाध में सरगुजा कांग्रेस ने कैंडल मार्च निकाला। कांग्रेसियों ने महामाया प्रवेश द्वार के पास महिला की रेप कर हत्या के आरोपी की तत्काल गिरफ्तारी की मांग की। कांग्रेस ने सद्भावना चौक पर मोमबत्ती जलाकर महिला को श्रद्धांजलि दी। रेप और मर्डर के आरोपी पर सरगुजा आईजी ने 30 हजार रुपए और एसपी ने 5 हजार रुपए इनाम घोषित किया है। बता दें कि, अंबिकापुर के रिंगरोड से लगे मटन शॉप में 2-3 अप्रैल की रात महिला की रेप के बाद नृशंस हत्या कर दी गई थी। महिला के प्राइवेट पार्ट में प्लास्टिक की बोतल मिली। उसके पसली की कई हड्डियां टूटी हुई थी और सिर पर गहरे चोट के निशान थे। हत्या के बाद आरोपी की शिनाख्त कर ली गई है, लेकिन वह फरार है। कांग्रेस का प्रदर्शन, निकाला कैंडल मार्च महिला की रेप के बाद हत्या के विरोध में कांग्रेस लगातार विरोध प्रदर्शन कर रही है। मंगलवार शाम कांग्रेस ने राजीव भवन से कैंडल मार्च निकाला। AICC सदस्य आदितेश्वर शरण सिंहदेव और युकां राष्ट्रीय सचिव लिली श्रीवास के नेतृत्व में मौन रैली सद्भावना चौक तक पहुंची, जहां कैंडल जलाकर महिला को श्रद्धांजलि दी गई। पढ़िए नेताओं ने क्या कुछ कहा ? AICC सदस्य आदित्येश्वर शरण सिंह ने कहा कि, भाजपा सरकार के पिछले ढाई साल के कार्यकाल में महिला अपराधों के साथ ही साथ नशे के कारोबार में वृद्धि हुई है। महामाया प्रवेश द्वार की घटना कोई पहली घटना नहीं है। सत्ता के संरक्षण में प्रदेश में अफीम की खेती हो रही है। नशे की बढ़ती प्रवृत्ति ने अपराधों विशेष रूप से महिलाओं के प्रति अपराधों को बढ़ा दिया है और प्रदेश की सरकार इस पर काबू पाने में असफल साबित हुई है। युवा कांग्रेस की राष्ट्रीय सचिव लिलि श्रीवास ने कहा कि, मृत महिला का पोस्टमॉर्टम करने वाले डॉक्टर का जो बयान आया है, वो दिल दहलाने वाला है। अम्बिकापुर की घटना दिल्ली के निर्भया कांड के समतुल्य है। इस मामले में पुलिस का अब तक हाथ खाली है। कांग्रेस जिलाध्यक्ष बालकृष्ण पाठक ने कहा कि, पुलिस इस अपराधी को साइको बता रही है, जो समाज के बीच भटक रहा है। ऐसे में यह अपराधी और भी घटनाओं को अंजाम दे सकता है। मामले में पुलिस विफल रही है। आईजी-एसपी ने फरार आरोपी पर घोषित किया इनाम सद्भावना चौक के पास महिला की रेप के बाद हत्या के आरोपी की पहचान पांडा उर्फ मिथुन के रूप में की गई है। आरोपी पहले भी महिला के साथ घूमता था और उसके घर भी आता जाता था। हत्या के बाद वह फरार हो गया है। अंबिकापुर के रेलवे स्टेशन में भी उसकी सीसीटीवी फुटेज मिली है। आशंका है कि वह ट्रेन से फरार हुआ है। आरोपी की गिरफ्तारी के लिए सरगुजा एसएसपी राजेश अग्रवाल ने पांच टीमें लगाई हैं। सरगुजा आईजी दीपक कुमार झा ने फरार आरोपी पर 30 हजार और सरगुजा एसएसपी राजेश अग्रवाल ने 5 इजार रुपए इनाम की घोषणा की है। आरोपी का सुराग देने वाले को यह इनाम दिया जाएगा।
फर्रुखाबाद में मंगलवार को किसानों ने आलू को लेकर यात्रा निकाली। किसानों का कहना है कि उन्हें उपज का सही दाम नहीं मिल पा रहा है। इससे किसान परेशान हैं। सातनपुर मंडी के किसान उचित मूल्य न मिलने के कारण गंभीर संकट का सामना कर रहे हैं। अपनी उपज का सही दाम और संरक्षण की मांग को लेकर किसानों ने 'आलू किसान बचाओ यात्रा' शुरू की है, यह फर्रुखाबाद से लखनऊ स्थित राजभवन तक जाएगी। मंडी में आलू के उचित दाम न मिलने से नाराज किसानों ने अब आर-पार की लड़ाई का मन बना लिया है। उनका कहना है कि वर्तमान में उन्हें आलू की लागत तक नहीं मिल पा रही है। इस यात्रा का मुख्य उद्देश्य सरकार तक अपनी आवाज पहुंचाना है। प्रदर्शन कर रहे किसान नेताओं, सुधीर कुमार शुक्ल और अशोक कटियार ने बताया कि किसानों को भारी आर्थिक नुकसान हो रहा है। उन्होंने सरकार से आलू के लिए उचित समर्थन मूल्य (MSP) घोषित करने की मांग की है, जिसमें लागत और मेहनत दोनों शामिल हों। किसानों की अन्य प्रमुख मांगों में आलू के निर्यात को बढ़ावा देना, आलू को मंडी शुल्क से मुक्त रखना, क्षेत्र में आलू आधारित उद्योग (प्रोसेसिंग यूनिट्स) स्थापित करना और आलू को मिड-डे मील तथा राशन दुकानों के वितरण में शामिल करना शामिल है। किसानों ने चेतावनी दी है कि यदि सरकार ने समय रहते उनकी मांगों पर ध्यान नहीं दिया, तो किसान और ज्यादा परेशान हो जाएंगे।
सिराली में ट्रैक्टर-ट्रॉली पलटी, दो दर्जन मजदूर घायल:तीन की हालत गंभीर; स्टेयरिंग फेल होने से हादसा
हरदा जिले के सिराली थाना क्षेत्र में मंगलवार दोपहर करीब 4 बजे एक ट्रैक्टर-ट्रॉली पलटने से दो दर्जन से अधिक मजदूर घायल हो गए। यह हादसा खुदिया और जिनवानिया गांवों के बीच हुआ। घायलों को तत्काल सिराली के सरकारी अस्पताल ले जाया गया। घायलों में से तीन मजदूरों की हालत गंभीर बताई जा रही है, जिन्हें प्राथमिक उपचार के बाद जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया है। डायल 108 की मदद से सभी घायलों को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र सिराली पहुंचाया गया, जहां डॉ. आर.के. चौधरी और डॉ. रूपेंद्र गुर्जर ने उनका इलाज किया। बताया गया है कि घायल हुए अधिकांश मजदूर नाबालिग लड़कियां हैं, जो नीमढाना और पदाल्दा गांवों की निवासी हैं। स्टेयरिंग फेल होने से हादसाप्रारंभिक जानकारी के अनुसार, यह हादसा ट्रैक्टर का स्टेयरिंग फेल होने या संतुलन बिगड़ने के कारण हुआ। मजदूर खुदिया गांव से काम करके जिनवानिया की ओर जा रहे थे, तभी खुदिया के पास ट्रॉली पलट गई। बताया गया है कि पदाल्दा गांव से करीब साठ से अधिक मजदूर एक पिकअप वाहन में भरकर आए थे। वहां से वे दो ट्रैक्टरों में बैठकर मजदूरी करने के लिए जा रहे थे। इसी दौरान एक ट्रैक्टर-ट्रॉली दुर्घटनाग्रस्त हो गई।
ललितपुर में जिलाधिकारी सत्य प्रकाश ने मंगलवार को एक बैठक की। यह बैठक क्रय केंद्रों पर गेहूं खरीद को सुलभ बनाने और अतिवृष्टि से प्रभावित किसानों को फसल बीमा क्लेम दिलाने के संबंध में आयोजित की गई थी। इसमें किसान प्रतिनिधि, बीमा कंपनी के प्रतिनिधि और क्रय केंद्र प्रभारी शामिल हुए। जिलाधिकारी ने क्रय केंद्र प्रभारियों को स्पष्ट निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जिले के 47 क्रय केंद्रों पर गेहूं की खरीद की जाएगी और प्रत्येक केंद्र पर किसानों से अधिक से अधिक गेहूं खरीदा जाए। यदि किसी भी केंद्र से गेहूं न खरीदे जाने की शिकायत मिलती है, तो संबंधित के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने यह भी चेतावनी दी कि यदि एक सप्ताह के भीतर किसी भी एफपीओ (किसान उत्पादक संगठन) केंद्र द्वारा खरीद शुरू नहीं की जाती या उसकी प्रगति शून्य रहती है, तो उसे बंद कर दिया जाएगा। जिलाधिकारी ने गेहूं के समर्थन मूल्य (एमएसपी) की जानकारी भी दी। उन्होंने बताया कि जिले में गेहूं का समर्थन मूल्य 2585 रुपये प्रति क्विंटल निर्धारित है। मंडी में उपज की उतराई, छनाई और सफाई के लिए किसानों द्वारा 20 रुपये प्रति क्विंटल का जो नकद भुगतान किया जाता था, वह अब समर्थन मूल्य के साथ जोड़कर सीधे किसानों के बैंक खातों में भेजा जाएगा। बैठक में बताया गया कि पूर्व रबी विपणन वर्ष 2025-26 में जिन किसानों ने गेहूं बेचा था, वे सभी किसान वर्तमान वर्ष 2026-27 में गेहूं बेचने के लिए स्वतः सत्यापित माने जाएंगे। जिन किसानों का स्वतः सत्यापन नहीं हुआ है, उनके लिए पंजीकरण प्रपत्र में दर्ज विवरण के अनुसार सत्यापन प्रक्रिया अपनाई जाएगी। खाद्य विपणन अधिकारी, जिला प्रबंधक (भारतीय खाद्य निगम/पीसीएफ एवं नैफेड), समस्त गेहूं क्रय केंद्र प्रभारी और संबंधित संस्था प्रभारी आवश्यक दस्तावेजों का स्वयं सत्यापन सुनिश्चित करेंगे। इन दस्तावेजों में कंप्यूटराइज्ड सत्यापित खतौनी, खसरा, चकबंदी प्रपत्र, फोटोयुक्त आधार कार्ड और पहचान पत्र शामिल हैं। जिलाधिकारी ने हाल ही में जिले में हुई अतिवृष्टि से फसल क्षति की भी समीक्षा की। उन्होंने बीमा कंपनी के प्रतिनिधियों से कुछ किसानों के क्लेम स्टेटस की जांच कराई। उन्होंने निर्देश दिए कि बैंक और बीमा कंपनियां किसानों को उनकी पॉलिसी डाउनलोड करके अनिवार्य रूप से उपलब्ध कराएं। यदि ऐसा नहीं होता है, तो किसानों का प्रीमियम वापस कराने की व्यवस्था की जाए। इसके साथ ही उप निदेशक कृषि व जिला कृषि अधिकारी को निर्देश दिये कि फसल क्षति का सर्वे त्वरित गति से कराते हुए क्लेम दिलाना सुनिश्चित करें तथा अपने-अपने विभाग के सभी पटलों का परिवर्तन करायें।इस बैठक में अपर जिलाधिकारी,खरीद अधिकारी अंकुर श्रीवास्तव, अपर उप जिलाधिकारी ज्ञानेन्द्र विक्रम, उप निदेशक कृषि, जिला कृषि अधिकारी, बीमा कम्पनी के प्रतिनिधि, क्रय केन्द्र प्रभारी व किसान संगठनों के पदाधिकारी उपस्थित रहे।
कुशीनगर में ब्रांडेड साहू कंपनी के नाम पर नकली उत्पाद बेचे जाने का मामला सामने आया है। हाटा तहसीलदार जया सिंह और कॉपीराइट टीम ने संयुक्त छापेमारी कर बड़ी मात्रा में नकली सामान जब्त किया है। यह कार्रवाई हाटा कोतवाली क्षेत्र के नगर पंचायत सुकरौली स्थित बीएल ट्रंक हाउस पर की गई। टीम को सूचना मिली थी कि दुकान पर 'साहू' ब्रांड के नाम से डुप्लीकेट सामान बेचा जा रहा है। इलेक्ट्रॉनिक उत्पाद बड़ी मात्रा में बरामद छापेमारी में दुकान से सिलाई मशीन, मिक्सर, प्रेस और कूलर जैसे इलेक्ट्रॉनिक उत्पाद बड़ी मात्रा में बरामद हुए। इन सभी पर 'बी प्लस साहू' नाम अंकित था। दुकान संचालक भरत लाल साहू ने दावा किया कि ये उत्पाद उसके अपने नाम से बनाए जाते हैं और उसका 'साहू कंपनी' से कोई संबंध नहीं है। हालांकि, टीम द्वारा वैध रजिस्ट्रेशन नंबर मांगे जाने पर दुकानदार इसे प्रस्तुत नहीं कर सका। उसने बताया कि उसने रजिस्ट्रेशन के लिए आवेदन किया था, लेकिन वह निरस्त हो गया था। असली 'साहू' ब्रांड के कॉपीराइट अध्यक्ष ने मौके पर दस्तावेज दिखाते हुए आरोप लगाया कि उनके ब्रांड के नाम का गलत इस्तेमाल कर नकली उत्पाद बेचे जा रहे हैं, जिससे कंपनी की छवि खराब हो रही है। ब्रांड के नाम का गलत उपयोग तहसीलदार जया सिंह ने बताया कि किसी भी ब्रांड के नाम का गलत उपयोग करना कानूनी अपराध है, जिसके लिए तीन से सात साल तक की सजा का प्रावधान है। उन्होंने कहा कि जब्त किए गए सभी सामानों के नमूने और फोटो ले लिए गए हैं और मामले की आगे की जांच जारी है। इस कार्रवाई के बाद उपभोक्ताओं में भी चिंता फैल गई है। कई लोगों ने अपने खरीदे गए सामान की जांच की, जिसमें 'बी प्लस' टैग पाया गया। उपभोक्ताओं को अब यह एहसास हो रहा है कि उन्हें असली ब्रांड के नाम पर धोखा दिया गया है। फिलहाल, इस पूरे मामले में आगे की कार्रवाई का इंतजार है।
अभिनेता सलमान खान को राजस्थान हाईकोर्ट से राहत मिल गई है। जस्टिस अनुरूप सिंघी की अदालत ने जयपुर जिला उपभोक्ता आयोग-द्वितीय की ओर से जारी जमानती वारंट पर रोक लगा दी। अदालत ने यह रोक सलमान खान व अन्य की याचिकाओं पर सुनवाई करते हुए लगाई। आयोग सलमान खान को चार बार जमानती वारंट से तलब कर चुका है, लेकिन अभी तक सलमान खान को वारंट तामील नहीं हो पाया है। सुनवाई के दौरान सोमवार को आयोग ने नाराजगी जताते हुए सलमान खान को अंतिम मौका देते हुए कहा था कि 13 अप्रेल को सलमान पेश हो जाएं, वरना उनके खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी किए जाएंगे। वहीं अब हाईकोर्ट की रोक के बाद सलमान खान को जयपुर उपभोक्ता आयोग में पेश नहीं होना पड़ेगा। आयोग ने लगाई थी प्रचार-विज्ञापन पर रोक दरअसल, परिवादी योगेंद्र सिंह बडियाल ने आयोग में परिवाद दायर करके कहा था कि राजश्री पान मसाला कंपनी व राजश्री पान मसाले के ब्रांड एंबेसडर बॉलीवुड स्टार सलमान खान द्वारा 'केसर युक्त इलायची' व 'केसर युक्त पान मसाला' के नाम पर भ्रामक विज्ञापन किया जा रहा है। इस पर अदालत ने 6 जनवरी 2026 को इसके प्रचार और विज्ञापन पर अंतरिम रोक लगा दी थी। इसके बावजूद 9 जनवरी को जयपुर, कोटा और अन्य शहरों में बड़े-बड़े होर्डिंग्स लगाकर विज्ञापन जारी रखे गए। यह आयोग की अवमानना है। इस पर आयोग ने सलमान खान को जमानती वारंट जारी किए थे। कहा था- कानून से ऊपर कोई नहीं आयोग ने अपने आदेश में कहा था कि सेलिब्रिटी स्टेटस किसी भी व्यक्ति को कानून से ऊपर होने का विशेष अधिकार प्रदान नहीं करता है। बार-बार वारंट जारी होने के बावजूद आयोग के समक्ष उपस्थित न होना और वारंट की तामील में बाधा उत्पन्न करना कानून का मजाक उड़ाना है। इससे उपभोक्ताओं का न्याय प्रणाली से विश्वास डगमगाता है। आयोग ने डीजीपी को टास्क फोर्स गठित करके व्यक्तिगत रूप से मुंबई जाकर सलमान खान पर वारंट की तामील कराने के निर्देश दिए थे, लेकिन उसके बाद भी वारंट की तामील नहीं हो सका।
जयपुर में अत्याधुनिक इंस्टीट्यूट ऑफ डर्मेटोलॉजी का आज लोकार्पण किया गया। स्वास्थ्य मंत्री गजेन्द्र सिंह खींवसर ने आज देर शाम जयपुर के सवाई मानसिंह (एसएमएस) हॉस्पिटल में इसकी शुरूआत की। डॉक्टरों का दावा है कि ये देश का पहला अत्याधुनिक इंस्टीट्यूट ऑफ डर्मेटोलॉजी है, जिसे सेंटर ऑफ एक्सीलेंस के रूप में विकसित किया है। करीब 4.81 करोड़ रुपए की लागत से तैयार इस इंस्टीट्यूट को स्किन संबंधी बीमारियों और कॉस्मेटिक ट्रीटमेंट के लिए सबसे आधुनिक केंद्र माना जा रहा है। चरक भवन की पहली मंजिल पर बने इस इंस्टीट्यूट में करीब 2 करोड़ रुपए के अत्याधुनिक उपकरण लगाए हैं, जिनके जरिए मरीजों को लेजर ट्रीटमेंट, पीआरपी थेरेपी, टैटू रिमूवल, पिगमेंटेशन, सफेद दाग, बाल झड़ना और मस्सों जैसी समस्याओं का उन्नत इलाज मिलेगा। स्किन विभागाध्यक्ष डॉ. दीपक माथुर बताया- यहां मिलने वाला इलाज अंतरराष्ट्रीय स्तर का होगा और इसकी लागत अन्य देशों की तुलना में काफी कम रहेगी। इसी कारण भविष्य में देश-विदेश से बड़ी संख्या में मरीजों के यहां आने की उम्मीद जताई जा रही है। इस मौके पर सवाई मानसिंह मेडिकल कॉलेज के प्रिंसिपल डॉ. दीपक माहेश्वरी, प्रमुख शासन सचिव हेल्थ डिपार्टमेंट गायत्री राठौड़ समेत हॉस्पिटल के अन्य सीनियर डॉक्टर्स और प्रशासनिक अधिकारी मौजूद रहे।
हिसार जिले के बालसमंद गांव स्थित सब अनाज मंडी में निर्माण कार्यों में कथित अनियमितताओं की शिकायतों के बाद सीएम फ्लाइंग टीम ने मंगलवार को मौके पर पहुंचकर जांच की। टीम ने मंडी परिसर में बनी सड़कों और कंक्रीट से तैयार फड़ (प्लेटफॉर्म) के सैंपल लिए, जिन्हें जांच के लिए लैब भेजा गया। जांच करने वाली संयुक्त टीम में सीएम फ्लाइंग हिसार रेंज इंचार्ज सुनैना, हरियाणा पुलिस हाउसिंग कॉर्पोरेशन के एसडीओ भरत सिंह, एसडीओ सुरेंद्र रेड्डू, जेई भवन वधवा, ईएसआई कृष्ण कुमार और एएसआई सुरेंद्र सहित अन्य अधिकारी शामिल थे। टीम ने मौके पर निर्माण कार्यों की गुणवत्ता का बारीकी से निरीक्षण किया। 2 करोड़ रुपए का टेंडर हुआ था पास हरियाणा राज्य कृषि विपणन बोर्ड द्वारा बालसमंद गांव में किसानों की सुविधा के लिए इस सब अनाज मंडी का निर्माण कराया गया है। मंडी में फसल रखने के लिए कंक्रीट के फड़ और आंतरिक सड़कों का निर्माण किया गया है, ताकि किसानों को आवागमन और फसल उतारने में सुविधा हो। यह निर्माण कार्य लगभग 2 करोड़ रुपए की लागत से टेंडर प्रक्रिया के माध्यम से एक ठेकेदार को आवंटित किया गया था। निर्माण कार्य में अनियमितताओं के आरोप हालांकि, स्थानीय दुकानदारों और क्षेत्र के लोगों ने निर्माण कार्य में गंभीर अनियमितताओं के आरोप लगाए हैं। उनका दावा है कि ठेकेदार ने घटिया निर्माण सामग्री का उपयोग किया है, जिसके कारण नई बनी सड़कें कई स्थानों से उखड़ने लगी हैं। इसके अतिरिक्त, मंडी में पानी निकासी की उचित व्यवस्था नहीं है, जिससे बरसात के मौसम में किसानों को परेशानी का सामना करना पड़ सकता है। रिपोर्ट आने के बाद होगी कार्रवाई इन्हीं शिकायतों के आधार पर सीएम फ्लाइंग टीम ने मौके पर पहुंचकर सड़कों और फड़ों की गुणवत्ता जांचने के लिए सैंपल एकत्रित किए हैं। इन सैंपलों को जांच के लिए लैब भेजा गया। लैब रिपोर्ट आने के बाद आगे की आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।
करनाल जिले के घरौंडा में रेस्ट हाउस के नजदीक मंगलवार को एक सड़क हादसा हो गया। जहां ट्रैक्टर-ट्राली की चपेट में आने से बाइक सवार दो लोगों की मौत हो गई। दोनों घरौंडा से शेखपुरा खालसा की ओर जा रहे थे। हादसे के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई। सूचना मिलते ही पुलिस पहुंची और दोनों घायलों को अस्पताल पहुंचाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। बुधवार को पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंपा जाएगा। काम से लौटते समय हुआ हादसा मृतकों की पहचान घरौंडा निवासी 56 वर्षीय भगवत दयाल और शेखपुरा खालसा निवासी 63 वर्षीय मामन के रूप में हुई है। भगवत दयाल पेशे से आरएमपी डॉक्टर थे और उनकी गांव में दुकान थी, जबकि मामन हार्डवेयर की दुकान चलाते थे। परिजनों ने बताया कि दोनों किसी काम से घरौंडा आए थे और वापस अपने गांव लौट रहे थे। रेस्ट हाउस के पास ट्रैक्टर-ट्राली से टक्कर परिजनों के मुताबिक, दोनों ने जीटी रोड का रास्ता लिया था। जैसे ही वे रेस्ट हाउस के पास पहुंचे, तभी उनकी बाइक ट्रैक्टर-ट्राली की चपेट में आ गई। हादसे में दोनों गंभीर रूप से घायल हो गए। आसपास के लोगों ने तुरंत उन्हें घरौंडा के सरकारी अस्पताल पहुंचाया, लेकिन डॉक्टरों ने जांच के बाद मृत घोषित कर दिया। परिवार में मचा कोहराम भगवत दयाल के परिवार में दो बच्चे हैं, जिनमें एक बेटा और एक बेटी है। दोनों अभी अविवाहित हैं। वहीं मामन के परिवार में तीन बच्चे है। हादसे की खबर मिलते ही दोनों परिवारों में मातम छा गया। पुलिस ने ट्रैक्टर-ट्राली कब्जे में ली घटना के बाद पुलिस ने मौके पर पहुंचकर दोनों शवों को कब्जे में लिया और पोस्टमार्टम के लिए करनाल के शवगृह भेज दिया। जांच अधिकारी सत्यवान ने बताया कि हादसा ट्रैक्टर-ट्राली की टक्कर से हुआ है। वाहन को कब्जे में ले लिया गया है और मामले की जांच जारी है। बुधवार को पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिए जाएंगे।
कानपुर में एक मैरिज हॉल में लिफ्ट टूट गई। वलीमे के कार्यक्रम के दौरान लिफ्ट का तार टूटने से दूल्हे का भाई तीसरी मंजिल से नीचे गिर गया। इस हादसे में वह गंभीर रूप से घायल हो गया। मामला शहर के बाबूपुरवा इलाके का है। न्यू लेबर कॉलोनी निवासी मोहम्मद वसीम के मुताबिक उनके भतीजे उस्मान का दो दिन पहले निकाह हुआ था। निकाह के बाद बाबूपुरवा स्थित मुबारक मैरिज लॉन में वलीमे का आयोजन किया गया था। कार्यक्रम के दौरान उस्मान का भाई जैनुल अस्थायी लिफ्ट के जरिए तीसरी मंजिल पर लकड़ियां पहुंचा रहा था। बताया जा रहा है कि वह खुद भी लिफ्ट में सवार था। इसी दौरान अचानक लिफ्ट में रखी लकड़ी तार में फंस गई, जिससे लिफ्ट का तार टूट गया। तार टूटते ही लिफ्ट और उसमें रखी लकड़ियों के साथ जैनुल नीचे आ गिरा। तेज धमाके जैसी आवाज सुनकर मौके पर मौजूद लोग घबरा गए। इसके बाद कार्यक्रम स्थल पर अफरातफरी मच गई। परिजन तुरंत मौके पर पहुंचे और जैनुल को बाहर निकालकर घायल अवस्था में हैलट अस्पताल ले गए। डॉक्टरों ने उसकी हालत गंभीर बताई है। चाचा नईम ने बताया कि गिरने से उसकी ठोढ़ी में गहरा घाव हो गया है। 4 से 5 टांके लगाए गए हैं। घटना की सूचना पर बाबूपुरवा थानाप्रभारी अरुण कुमार द्विवेदी मौके पर पहुंचे और जांच शुरू की। पुलिस ने मैरिज हॉल के सीसीटीवी फुटेज भी खंगाले हैं। फिलहाल परिजनों की ओर से कोई लिखित शिकायत नहीं दी गई है।
शिवपुरी जिले की सिरसौद थाना पुलिस ने ट्रॉली चोरी के एक मामले का खुलासा करते हुए एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपी के कब्जे से करीब 10 लाख 50 हजार रुपये कीमत का ट्रैक्टर-ट्रॉली बरामद किया है। सिरसौद थाना प्रभारी मुकेश दुबौलिया ने बताया कि 6 अप्रैल 2026 को ग्राम जामखो निवासी विनोद चौधरी ने थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। उन्होंने बताया था कि 5 अप्रैल की रात उनकी नीले रंग की ट्रॉली, जो झिरी खोरघार रोड पर उनके भाई के घर के बाहर खड़ी थी, अज्ञात चोर चुरा ले गए। इस ट्रॉली की कीमत लगभग ढाई लाख रुपये बताई गई थी। पुलिस ने इस मामले में अपराध क्रमांक 101/2026 धारा 303(2) बीएनएस के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू की। पुलिस अधीक्षक अमन सिंह राठौड़ के निर्देश पर अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक संजीव मुले और एसडीओपी पोहरी आनंद राय के मार्गदर्शन में थाना प्रभारी मुकेश दुबौलिया के नेतृत्व में एक टीम गठित की गई। इस टीम ने मुखबिर तंत्र को सक्रिय किया और लगातार दबिश दी। दबिश देकर आरोपी को पकड़ाजांच के दौरान पुलिस को सूचना मिली कि चोरी की ट्रॉली के साथ एक व्यक्ति ग्राम खोरघार के खेत में छिपा हुआ है। सूचना मिलते ही पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर दबिश दी और वीरेंद्र रावत (35) निवासी ग्राम रतनपुर, थाना सबलगढ़, जिला मुरैना को ट्रॉली के साथ पकड़ लिया। पूछताछ में आरोपी वीरेंद्र रावत ने 5-6 अप्रैल की रात अपने स्वराज ट्रैक्टर का उपयोग कर ट्रॉली चोरी करना स्वीकार किया। पुलिस ने आरोपी के कब्जे से घटना में प्रयुक्त स्वराज ट्रैक्टर (लगभग 8 लाख रुपये कीमत) और चोरी की ट्रॉली (लगभग ढाई लाख रुपये कीमत) बरामद की। कुल बरामद माल की कीमत 10 लाख 50 हजार रुपये आंकी गई है। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया, जहां से उसे शिवपुरी जेल भेज दिया गया है।
कोंडागांव के नए पुलिस अधीक्षक के रूप में त्रिलोक बंसल ने कार्यभार संभाल लिया है। उन्होंने 6 अप्रैल को पदभर ग्रहण किया। पूर्व पुलिस अधीक्षक पंकज चंद्रा (भापुसे) सरदार वल्लभभाई पटेल राष्ट्रीय पुलिस अकादमी हैदराबाद में 48वें आईपीएस इंडक्शन ट्रेनिंग कोर्स में शामिल होने जा रहे हैं। यह कोर्स 6 अप्रैल 2026 से 15 मई 2026 तक चलेगा। कार्यभार संभालने के तुरंत बाद एसपी त्रिलोक बंसल ने पुलिस अधीक्षक कार्यालय कोंडागांव में एक बैठक ली। इसमें जिले के सभी वरिष्ठ पुलिस अधिकारी, थाना प्रभारी और अन्य संबंधित अधिकारी शामिल हुए। बैठक में जिले की वर्तमान कानून व्यवस्था की विस्तृत समीक्षा की गई। अपराधियों के खिलाफ सख्त और प्रभावी कार्रवाई करें बंसल ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि, अपराध नियंत्रण को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जाए। अपराधियों के खिलाफ सख्त और प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। उन्होंने महिलाओं, बच्चों और कमजोर वर्गों की सुरक्षा को सर्वोपरि रखने पर जोर दिया। साथ ही, सामुदायिक पुलिसिंग को बढ़ावा देने और जनता के साथ पुलिस का विश्वास व सहयोग मजबूत करने के लिए कहा। एसपी बंसल ने प्रत्येक थाना क्षेत्र में बीट सिस्टम, जनसंपर्क कार्यक्रम और क्षेत्र भ्रमण को नियमित और प्रभावी बनाने के निर्देश दिए। उन्होंने यह भी कहा कि जिले में शांतिपूर्ण वातावरण बनाए रखने के लिए किसी भी प्रकार की अवैध गतिविधियों पर त्वरित और सख्त कार्रवाई की जाए।
राजगढ़ जिले ने सर्वाइकल कैंसर से बचाव के लिए चलाए गए एचपीवी वैक्सीनेशन अभियान में देशभर में पहला स्थान हासिल किया है। यह घोषणा मंगलवार को हुई। जिले ने 15,942 बालिकाओं को टीका लगाकर निर्धारित लक्ष्य का शत-प्रतिशत टीकाकरण पूरा किया। यह अभियान 28 फरवरी से शुरू हुआ था, जिसे जिला प्रशासन ने मिशन मोड में चलाया। कलेक्टर डॉ. गिरीश कुमार मिश्रा ने प्रतिदिन ब्लॉक-वार समीक्षा कर टीकाकरण की प्रगति पर बारीकी से नजर रखी। अधिकारियों की नियमित मॉनिटरिंग के कारण स्वास्थ्य अमले पर जवाबदेही बनी रही और तय समय में लक्ष्य हासिल कर लिया गया। टीम ने घर-घर जाकर संवाद कियाअभियान के दौरान सबसे बड़ी चुनौती लोगों के मन में फैली भ्रांतियां थीं। कई अभिभावक अपनी बेटियों को टीका लगवाने में संकोच कर रहे थे। ऐसे में स्वास्थ्य विभाग की टीमों ने गांव-गांव बैठकें कीं और अभिभावकों को समझाया कि एचपीवी वायरस ही सर्वाइकल कैंसर का प्रमुख कारण है और यह टीका भविष्य में इस गंभीर बीमारी से बचाव का प्रभावी तरीका है। जागरूकता के लिए विभिन्न माध्यम अपनाए गए। जिन बालिकाओं को टीका लग चुका था, उनके अनुभव साझा किए गए। स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं ने घर-घर जाकर भी लोगों से संवाद किया। इन प्रयासों का असर यह हुआ कि धीरे-धीरे लोगों का भरोसा बढ़ा और टीकाकरण अभियान को व्यापक समर्थन मिलने लगा। आशा-आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं ने निभाई मुख्य भूमिकामुख्य चिकित्सा एवं जिला स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. शोभा पटेल और जिला टीकाकरण अधिकारी डॉ. एल.पी. भकोरिया के नेतृत्व में स्वास्थ्य विभाग की टीम ने फील्ड में लगातार काम किया। आशा और आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं ने बालिकाओं को टीकाकरण केंद्र तक लाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। स्वास्थ्य विभाग के अनुसार, जिले की 15,942 बालिकाओं को सफलतापूर्वक टीका लगाया गया और टीकाकरण के बाद किसी भी बालिका में कोई प्रतिकूल प्रभाव सामने नहीं आया। इस अभियान के बाद जिले की हजारों बेटियां भविष्य में सर्वाइकल कैंसर जैसी गंभीर बीमारी के खतरे से सुरक्षित हो सकेंगी। राजगढ़ की यह उपलब्धि अब प्रदेश ही नहीं, बल्कि देश के अन्य जिलों के लिए भी एक मॉडल बनकर सामने आई है।
इंदौर में एक टैक्सी कार के ड्राइवर ने सब इंस्पेक्टर (SI) की प्रताड़ना से तंग आकर सुसाइड कर लिया। घटना राऊ थाना क्षेत्र स्थित पलाश परिसर की है। युवक ने सुसाइड से पहले वीडियो बनाकर एसआई पर मारपीट और पैसों की मांग का आरोप लगाया है। एसआई राजेंद्र नगर थाने में पदस्थ है। सोमवार रात अभिषेक पाटिल की कार का एक्सीडेंट एक अन्य कार से हो गया था। इस मामले में एसआई मनोहर पाल ने कार छोड़ने के एवज में 50 हजार रुपए की मांग की और युवक के साथ मारपीट भी की। देर रात घर लौटने के बाद अभिषेक ने वीडियो बनाकर अपने परिजनों को भेजा और फिर फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। इधर, मामले में एसआई मनोहर पाल को सस्पेंड कर दिया गया है। वीडियो में कहा- मेरी कोई गलती नहीं थी अभिषेक पाटिल पलाश परिसर में किराए के फ्लैट में रहता था। मंगलवार को परिजनों ने उसे कमरे में फंदे पर लटका पाया। मौके से मिले वीडियो में अभिषेक ने एसआई पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उसने कहा कि एक्सीडेंट में उसकी कोई गलती नहीं थी, इसके बावजूद उससे 50 हजार रुपए मांगे जा रहे थे। वीडियो में अभिषेक ने यह भी बताया कि उसे थाने ले जाने वाले पुलिसकर्मी और टीआई का व्यवहार ठीक था, लेकिन एक सब इंस्पेक्टर ने दूसरे पक्ष की गाड़ी छोड़ दी और मुझे परेशान करना शुरू कर दिया। उसने आरोप लगाया कि दूसरे वाहन का चालक संबंधित पुलिसकर्मी का परिचित था। सामने आ रही कार ने अचानक ब्रेक लगाया अभिषेक के अनुसार, सामने चल रही कार ने अचानक ब्रेक लगाया, जिससे उसकी कार पीछे से टकरा गई। दूसरे पक्ष ने 25 हजार रुपए की मांग की थी, लेकिन अभिषेक ने मरम्मत कराने की बात कही थी। इसके बावजूद उसे थाने ले जाकर दबाव बनाया गया। वीडियो में उसने कहा कि अगर 50 हजार रुपए नहीं दिए तो उसे जेल भेजने की धमकी दी गई। उसने यह भी कहा कि थाने की रिकॉर्डिंग चेक की जाए, जिससे सच्चाई सामने आ जाएगी। पिता स्क्रैप के काम से जुड़े, भाई रैपिडो ड्राइवर जानकारी के मुताबिक, राजेंद्र नगर पुलिस ने मंगलवार दोपहर अभिषेक के शव का जल्द पोस्टमार्टम कराकर शव परिजनों को सौंप दिया। उसका मोबाइल भी जब्त कर लिया है।अभिषेक के परिवार में पिता और दो बड़े भाई हैं। पिता स्क्रैप का काम करते हैं, जबकि दोनों भाई रैपिडो चलाते हैं। अभिषेक ने कुछ समय पहले ही पलाश परिसर में किराए पर फ्लैट लिया था। एसीपी निधि सक्सेना के मुताबिक अभिषेक पाटिल के मामले में डीसीपी ने जांच के निर्देश दिए हैं। प्रारंभिक तौर पर मनोहर पाल को सस्पेंड कर दिया है। अभिषेक का आपराधिक रिकॉर्ड है, उसके घर पर नशे का सामान भी मिला है। हालांकि अभी ₹50000 मांगने की पुष्टि नहीं हुई है। वह मामले की जांच कर रहे हैं। यह खबर भी पढ़ें… इंदौर में युवक को एसआई ने लात मारी इंदौर के रेडिसन चौराहे पर एक ट्रैफिक सब-इंस्पेक्टर (SI) बलराम सिंह तोमर की मारपीट का वीडियो सामने आया है। वीडियो में साफ दिख रहा है कि युवक जमीन पर बैठकर एसआई के पैर पड़ते हुए उनसे माफी मांग रहा है, लेकिन एसआई उसे लातों से मारते हुए गालियां देने लगते हैं। पूरी खबर यहां पढ़ें...
छतरपुर जिले के नौगांव थाना क्षेत्र के धरमपुर गांव में बकरी को लेकर हुआ विवाद हिंसक हो गया। मंगलवार शाम की इस घटना में किसान परिवार के कई सदस्य घायल हो गए, जिन्हें उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। पुलिस ने मामले में चार नामजद आरोपियों सहित अन्य के खिलाफ केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। जानकारी के अनुसार, गांव निवासी 55 वर्षीय घनश्याम दास कुशवाहा के खेत पर अर्धघुमक्कड़ समुदाय के कुछ लोग अपनी बकरियां लेकर पहुंच गए थे। जब घनश्याम दास ने इसका विरोध किया, तो पहले उनके छोटे बेटे के साथ कहासुनी हो गई। लाठी-डंडों से किया हमलाविवाद उस समय बढ़ गया जब शाम के वक्त लगभग आधा दर्जन लोग लाठी-डंडों के साथ मौके पर पहुंचे और कुशवाहा परिवार पर हमला कर दिया। हमले में परिवार के कई सदस्य चोटिल हो गए। सूचना मिलने पर नौगांव थाना पुलिस तत्काल मौके पर पहुंची और घायलों को इलाज के लिए अस्पताल भेजा। चार नामजद सहित कई पर मामला दर्जपुलिस ने इस मामले में राघवेंद्र आदिवासी, अर्जुन आदिवासी, करन आदिवासी और मुकद्दम आदिवासी सहित अन्य के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की धारा 115(2), 296(b), 351(3) और 3(5) के तहत मामला दर्ज किया है। घटना के बाद गांव में तनावघटना के बाद गांव में तनाव का माहौल है। बड़ी संख्या में ग्रामीण ट्रैक्टरों में सवार होकर पुलिस अधीक्षक कार्यालय और कलेक्ट्रेट पहुंचे। उन्होंने प्रशासन को ज्ञापन सौंपकर आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की। ग्रामीणों का आरोप है कि अर्धघुमक्कड़ समुदाय के कुछ लोग गांव में अक्सर विवाद और मारपीट करते हैं, जिससे भय का वातावरण बना हुआ है। ग्रामीणों ने प्रशासन से ऐसे लोगों पर सख्ती बरतने और गांव में शांति व्यवस्था बनाए रखने की अपील की है। पुलिस ने मामले में केस दर्ज कर लिया है और पूरे घटनाक्रम की जांच की जा रही है।
बिलासपुर-यलहंका-बिलासपुर स्पेशल ट्रेन को अब नियमित रूप से संचालित करने का निर्णय लिया गया है। भारत सरकार के आवासन एवं शहरी कार्य राज्यमंत्री तोखन साहू के विशेष प्रयासों के बाद रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने इसकी स्वीकृति दी है। रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने तोखन साहू को पत्र लिखकर इस निर्णय की जानकारी दी। तोखन साहू ने चर्चा के दौरान इस मार्ग पर यात्रियों के बढ़ते दबाव और नियमित सेवा की आवश्यकता पर जोर दिया था। यह ट्रेन अब गाड़ी संख्या 18261/18262 (बिलासपुर-यलहंका एक्सप्रेस) के रूप में संचालित होगी। इस निर्णय से बिलासपुर और आसपास के यात्रियों को दक्षिण भारत, विशेषकर बेंगलुरु (यलहंका) क्षेत्र तक आवागमन के लिए एक सुलभ और स्थायी विकल्प मिलेगा। तोखन साहू ने इस त्वरित निर्णय के लिए पीएम मोदी और रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार छत्तीसगढ़ के रेल बुनियादी ढांचे और यात्री सुविधाओं के विस्तार के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है।
खैरथल-तिजारा जिले के किशनगढ़बास स्थित सीएचसी में अव्यवस्थाएं मिलने पर जिला कलेक्टर अतुल प्रकाश ने मंगलवार को सख्त कार्रवाई की। सोमवार को औचक निरीक्षण के दौरान प्रभारी चिकित्सक डॉ. अतुल गौड़ अनुपस्थित पाए गए, जिसके बाद उन्हें कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है। निरीक्षण के दौरान स्वास्थ्य केंद्र की सफाई व्यवस्था बेहद खराब मिली। दवाइयां और चिकित्सा उपकरण भी अस्त-व्यस्त स्थिति में रखे हुए थे। इसके अलावा, केंद्र में अप्रशिक्षित कर्मचारी कार्यरत पाए गए। जिला कलेक्टर ने इन अव्यवस्थाओं को गंभीर लापरवाही माना है। उन्होंने कहा कि स्वच्छता और हाइजीन मानकों का पालन न होने से संक्रमण और बीमारियों के फैलने का खतरा बना रहता है, जिससे मरीजों को असुविधा होती है और स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता प्रभावित होती है। कलेक्टर प्रकाश ने स्पष्ट किया कि स्वास्थ्य सेवाओं में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने दोहराया कि आमजन को बेहतर और गुणवत्तापूर्ण चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है।
सहारनपुर में खतरनाक बाइक स्टंट करने वाला गिरफ्तार:पुलिस ने बाइक सीज कर आरोपी पर केस दर्ज किया
सहारनपुर के थाना गागलहेड़ी क्षेत्र में एक युवक द्वारा स्पोर्ट्स बाइक पर खतरनाक स्टंट करने का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ। हरिद्वार रोड स्थित हरियाबांस के पास यह युवक बाइक के ऊपर खड़ा होकर और कभी आगे का पहिया हवा में उठाकर सरेआम स्टंट करता नजर आया। वायरल वीडियो में युवक न केवल अपनी जान जोखिम में डालता दिख रहा था, बल्कि आसपास मौजूद लोगों, खासकर नाबालिग बच्चों की सुरक्षा को भी खतरे में डाल रहा था। स्टंट के दौरान कुछ बच्चे बेहद करीब खड़े दिखाई दिए, जिससे किसी बड़े हादसे की आशंका बढ़ गई थी। मामले का संज्ञान लेते हुए एसएसपी ने तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए। इसके बाद थाना गागलहेड़ी पुलिस टीम ने तेजी से कार्रवाई करते हुए आरोपी युवक की पहचान अरशद पुत्र जरीफ निवासी मक्काबांस, थाना गागलहेड़ी के रूप में की। पुलिस ने आरोपी की बाइक (रजिस्ट्रेशन नंबर UP11BL-0628, ड्यूक, काला-लाल रंग) को सीज कर थाना परिसर में खड़ा करा दिया है। आरोपी के खिलाफ संबंधित धाराओं में केस भी दर्ज कर लिया गया है। पुलिस द्वारा अन्य आवश्यक विधिक कार्रवाई जारी है। पुलिस सूत्रों के अनुसार, आरोपी युवक पहले भी इसी तरह की हरकतों के चलते हवालात जा चुका है। बार-बार चेतावनी और कार्रवाई के बावजूद उसके व्यवहार में सुधार नहीं आया। इस पूरी कार्रवाई में थानाध्यक्ष धर्मेन्द्र कुमार के नेतृत्व में एसआई रविकांत गिरी, कांस्टेबल विक्रांत और मनोज कुमार की टीम ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। सोशल मीडिया पर वायरल इस वीडियो ने सड़क सुरक्षा और स्टंटबाजी के खतरनाक चलन पर फिर सवाल खड़े कर दिए हैं। पुलिस ने स्पष्ट संदेश दिया है कि इस तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी और ऐसे लोगों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई जारी रहेगी।
ग्वालियर रेलवे स्टेशन पर मंगलवार को एक युवक की ट्रेन की चपेट में आने से मौत हो गई। घटना प्लेटफार्म नंबर 3 की है। हादसे के बाद स्टेशन परिसर में अफरा-तफरी का माहौल बन गया और यात्रियों की भीड़ जमा हो गई। मृतक की पहचान अभिषेक चौधरी के रूप में हुई है, जो अपने पिता और अन्य परिजनों के साथ जबलपुर से मां वैष्णो देवी धाम के दर्शन के लिए जा रहा था। वह 11449 नंबर की ट्रेन में सवार था। बताया जा रहा है कि ट्रेन ग्वालियर स्टेशन पर कुछ समय के लिए रुकी थी, इसी दौरान अभिषेक बाथरूम जाने के लिए ट्रेन से नीचे उतर गया। इसी बीच अचानक ट्रेन के चलने या अन्य ट्रेन की आवाजाही के दौरान वह असंतुलित होकर पटरी पर आ गया और ट्रेन की चपेट में आ गया। सूचना मिलते ही रेलवे पुलिस बल (RPF) और जीआरपी की टीम मौके पर पहुंची। पुलिस ने तत्काल स्थिति को संभालते हुए शव को अपने कब्जे में लिया और पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। साथ ही मामले की जांच शुरू कर दी गई है। प्रारंभिक जांच में यह सामने आया है कि युवक की लापरवाही के चलते यह हादसा हुआ, हालांकि पुलिस सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर जांच कर रही है। रेलवे प्रशासन की ओर से भी यात्रियों से अपील की गई है कि वे ट्रेन रुकने के दौरान अनावश्यक रूप से नीचे न उतरें और सतर्कता बरतें, ताकि इस तरह की घटनाओं से बचा जा सके।
बांसवाड़ा जिले में मंगलवार को अचानक मौसम बदल गया। कई हिस्सों में हल्की बारिश हुई, जबकि आनंदपुरी क्षेत्र में करीब आधे घंटे तक तेज बारिश का दौर चला। बेमौसम हुई इस बरसात ने क्षेत्र के किसानों की चिंता बढ़ा दी हैं। खेतों में पककर तैयार खड़ी फसलों को भारी नुकसान होने की आशंका है। आनंदपुरी क्षेत्र में एक किसान के खेत में मक्का निकालने का काम चल रहा था, तभी अचानक तेज बारिश शुरू हो गई। देखते ही देखते जमीन पर पड़ा हुआ मक्का पानी में पूरी तरह भीग गया। अचानक आए इस बदलाव से किसान अपनी उपज को बचाने का मौका तक नहीं पा सके। कई स्थानों पर तेज हवाओं के साथ हुई बारिश ने गेहूं और मक्का की फसल को बुरी तरह प्रभावित किया है। वर्तमान में अधिकांश किसानों की फसल कटाई के अंतिम चरण में है या कटकर खेत में पड़ी है, ऐसे में अनाज भीगने से उसके खराब होने और काला पड़ने का खतरा मंडरा रहा है। किसानों का कहना है- इस साल पहले ही गेहूं और मक्का के उत्पादन में गिरावट देखी जा रही थी, अब बेमौसम बारिश ने भी उम्मीदों पर पानी फेर दिया है। हालांकि बारिश से तापमान में गिरावट आई है और लोगों को गर्मी से राहत मिली है, लेकिन अन्नदाता के लिए यह आफत बनकर बरसी है। परेशान किसानों ने अब जिला प्रशासन से मांग की है कि प्रभावित क्षेत्रों में फसल खराबे का तुरंत सर्वे करवाया जाए और पीड़ित किसानों को उचित मुआवजा दिलाया जाए। मौसम विभाग के वैज्ञानिक महिपाल सिंह चौधरी ने बताया कि 7 और 8 अप्रैल को जिले में बारिश का अलर्ट था। कल भी बारिश होने की संभावना है।
जयपुर में इन दिनों कला और रचनात्मकता की अलग तस्वीर नजर आ रही है। मालवीय राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान (एमएनआईटी) में मंगलवार से 6 दिवसीय नेशनल क्रिएटिव आर्ट फेस्ट कारि 2026 का आगाज हुआ। यह आयोजन एमआईटी-एडीटी यूनिवर्सिटी, पुणे के संयुक्त तत्वावधान में किया जा रहा है। जेएलएन मार्ग स्थित एमएनआईटी के वीएलटीसी सभागार में शुरू हुए इस आर्ट फेस्ट में रंगों, रचनात्मकता और कल्पनाओं की अनोखी दुनिया देखने को मिली। कहीं कलाकार कैनवास पर प्रकृति के सुंदर दृश्य उकेर रहे हैं तो कहीं चित्रों के माध्यम से मानव मन की भावनाओं और पीड़ा को अभिव्यक्त किया जा रहा था। कुछ कलाकार आसमान की नीली छटा को रंगों में ढाल रहे हैं। कुछ नारी सौंदर्य की कलात्मक व्याख्या करते नजर आए। इंजीनियरिंग के स्टूडेंट्स को सामने बैठाकर उनकी पेंटिंग बनाई। नई शिक्षा नीति के तहत आयोजित इस फेस्ट में राजस्थान और पुणे के 35 से अधिक कलाकार भाग ले रहे हैं, जो तीन दिनों तक अलग-अलग थीम पर आधारित सजीव चित्रकारी प्रस्तुत करेंगे। साथ ही अन्य कला विधाओं के कलाकार भी अपनी कला का लाइव डेमो दे रहे हैं। इन कलाकारों के साथ एमएनआईटी और एमआईटी-एडीटी के लगभग 60 छात्र भी कला की बारीकियां सीख रहे हैं। फेस्ट के दौरान पेंटिंग वर्कशॉप के साथ-साथ क्ले मॉडलिंग और स्कल्पचर की डेमो क्लास भी आयोजित की गई। प्रसिद्ध कलाकार हंसराज चित्र भूमि कुमावत ने क्ले मॉडलिंग का लाइव प्रदर्शन किया, जबकि प्रो. उत्तम जनवाड़े ने लाइव पोर्ट्रेट बनाकर दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया। पद्मश्री कलाकार रहे मौजूद इससे पहले एमएनआईटी के प्रभा भवन स्थित दीक्षा सभागार में दीप प्रज्ज्वलन के साथ फेस्ट का औपचारिक उद्घाटन किया गया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि प्रसिद्ध चित्रकार एस. शाकिर अली थे, जबकि अध्यक्षता एमएनआईटी के कार्यकारी निदेशक प्रो. ए.बी. गुप्ता ने की। विशिष्ट अतिथियों में कला मर्मज्ञ प्रो. चिन्मय मेहता, फड़ आर्टिस्ट कल्याण जी जोशी, संस्कार भारती के एसोसिएट हेड महावीर भारती और नेशनल अवॉर्ड विजेता कलाकार विजय धोरे शामिल रहे। इस अवसर पर एमएनआईटी के आर्किटेक्चर और प्लानिंग विभाग के प्रमुख प्रो. राजीव श्रृंगी ने स्वागत उद्बोधन देते हुए कार्यक्रम की महत्ता पर प्रकाश डाला। फेस्ट में प्रो. तुषार पांखे, रघुनाथ शर्मा, युगल किशोर शर्मा, पुष्पा दुल्लार, मानक प्रजापत, दीपिका माली, रेखा अग्रवाल, अमन शर्मा और मेघा तिवारी सहित कई कलाकारों ने अपनी कला का सजीव प्रदर्शन किया।
बलौदाबाजार में पुलिस अधीक्षक भावना गुप्ता ने 5 निरीक्षकों और 1 उप निरीक्षक का तबादला किया है। इस फेरबदल से सिटी कोतवाली बलौदाबाजार, सिमगा, सुहेला, कसडोल और गिरौदपुरी समेत आधा दर्जन से अधिक थानों के प्रभारी बदल गए हैं। एसपी भावना गुप्ता के अनुसार, यह बदलाव दो थाना प्रभारियों के रायपुर तबादले के कारण हुआ। इससे बलौदाबाजार सिटी कोतवाली और कसडोल थाना प्रभारी के पद खाली हो गए थे। इन महत्वपूर्ण पदों को भरने के लिए पुलिस अधीक्षक ने तत्काल प्रभाव से आदेश जारी किए। इन्हें यहां मिली जिम्मेदारी नए आदेश के तहत, सिमगा थाना प्रभारी निरीक्षक लखेश केवट को बलौदाबाजार सिटी कोतवाली की कमान सौंपी गई है। थाना सुहेला के प्रभारी धीरेन्द्र नाथ दुबे को सिमगा भेजा गया है। रक्षित केंद्र में पदस्थ प्रमोद कुमार सिंह अब सुहेला के नए थाना प्रभारी होंगे। कसडोल थाने की जिम्मेदारी निरीक्षक प्रवीण मिंज को दी गई है, जिन्हें यातायात शाखा कसडोल का अतिरिक्त प्रभार भी मिला है। उनेश देशमुख को गिधपुरी, संदीप नेताम को आजाक थाना (कंट्रोल रूम, शिकायत एवं जीविका शाखा सहित) और उप निरीक्षक संदीप बंजारे को गिधौरी थाने का प्रभारी बनाया गया है। एसपी भावना गुप्ता ने सभी अधिकारियों को तत्काल प्रभाव से अपने नए स्थानों पर कार्यभार ग्रहण करने के निर्देश दिए हैं।
बरेली के शाही में मंगलवार दोपहर धनेटा–शीशगढ़ मार्ग पर एक सड़क दुर्घटना में एक व्यक्ति की मौत हो गई, जबकि उसका बेटा घायल हो गया। यह हादसा हनुमान मंदिर के आगे फिदाईपुर के पास एक पिकअप कार और ट्रैक्टर ट्रॉली की आमने-सामने की टक्कर से हुआ। जानकारी के अनुसार, उत्तराखंड के उधम सिंह नगर जिले के मोहल्ला जगतपुरा निवासी हरीश राठौर (पुत्र रघु लाल) अपने बेटे रोहित राठौर के साथ पिकअप कार से मिर्जापुर की ओर जा रहे थे। इसी दौरान दुनका की तरफ से एक खाली ट्रैक्टर ट्रॉली आ रही थी। दोपहर करीब 2 बजे हनुमान मंदिर से आगे फिदाईपुर के पास दोनों वाहनों की आमने-सामने टक्कर हो गई। हादसे में पिता हरीश राठौर और बेटा रोहित राठौर गंभीर रूप से घायल हो गए। स्थानीय पुलिस ने तत्काल दोनों को इलाज के लिए बरेली भेजा। बरेली में डॉक्टरों ने हरीश राठौर को मृत घोषित कर दिया, जबकि रोहित राठौर का इलाज जारी है। दुर्घटना के बाद ट्रैक्टर चालक मौके से फरार हो गया। पिकअप में 1000 लीटर तेल चार ड्रम में लदा हुआ था, जो सड़क पर बिखर गया। पुलिस ने दोनों वाहनों को अपने कब्जे में ले लिया है और शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। पुलिस घटना की जांच कर रही है और फरार ट्रैक्टर चालक की तलाश जारी है।
डूंगरपुर के लक्ष्मण मैदान में चल रही डीपीएल प्रीमियर लीग-3 में क्रिकेट का रोमांच चरम पर है। इसी कड़ी में चिखली थंडर्स ने सागवाड़ा गोल्डन को 22 रन से हराकर अपनी जीत दर्ज की। इस लीग के मुकाबले देखने के लिए बड़ी संख्या में क्रिकेट प्रेमी मैदान पहुंच रहे हैं। जिला क्रिकेट संघ सचिव सुशील जैन के अनुसार टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करते हुए चिखली थंडर्स ने निर्धारित 20 ओवर में 4 विकेट के नुकसान पर 174 रन बनाए। टीम के लिए विजय कंबोज ने 31 गेंदों में 61 रन की आक्रामक पारी खेली। डेविड सिंह ने 43 और महजीत सिंह ने 23 रन का योगदान दिया। सागवाड़ा गोल्डन की ओर से हर्षित डक और आभास श्रीमाली ने 2-2 विकेट लिए। 175 रन के लक्ष्य का पीछा करते हुए सागवाड़ा गोल्डन की टीम 149 रन पर ऑल आउट हो गई। राहुल खंडेलवाल ने 40 और करण देव ने 38 रन बनाए, लेकिन वे टीम को जीत नहीं दिला सके। चिखली थंडर्स के हनुमान बेनीवाल और शौर्य शाह ने 3-3 विकेट लेकर टीम की जीत सुनिश्चित की। विजय कंबोज को उनकी बेहतरीन बल्लेबाजी के लिए मैन ऑफ द मैच चुना गया। मंगलवार को हुए एक अन्य मुकाबले में सागवाड़ा गोल्डन ने साबला स्पार्टन के खिलाफ 20 ओवर में 207 रन का विशाल स्कोर खड़ा किया। गर्वित जैन ने 83 और प्रियांशु मीणा ने 81 रन की शानदार पारियां खेलीं। जवाब में, समाचार लिखे जाने तक साबला स्पार्टन ने 10 ओवर में 6 विकेट खोकर 108 रन बना लिए थे और मैच का परिणाम प्रतीक्षित था।
10 हजार का इनामी हत्या का आरोपी गिरफ्तार:डेढ़ साल से चल रहा था फरार, भाला मारकर किया था हमला
विदिशा जिले की लटेरी पुलिस ने हत्या के एक मामले में डेढ़ साल से फरार चल रहे 10 हजार रुपये के इनामी आरोपी रफीक खाँ को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस को इस मामले में बड़ी सफलता मिली है। यह मामला लगभग डेढ़ साल पहले का है। मलनिया गांव में 21 नवंबर को सिद्दिक खाँ पर पुरानी रंजिश के चलते सुनियोजित तरीके से हमला किया गया था। सिद्दिक खाँ अपने साथी अब्दुल कदीर खाँ के साथ ट्रैक्टर से खेत की ओर जा रहे थे। घात लगाकर किया था हमलारास्ते में पहले से घात लगाए बैठे आरोपियों ने उन पर लाठी-डंडों और भालों से हमला कर दिया। इस दौरान आरोपी रफीक खाँ के साथी मुजीम खाँ ने भाला मारकर सिद्दिक खाँ को गंभीर रूप से घायल कर दिया था। इलाज के दौरान सिद्दिक खाँ की मौत हो गई थी। घटना के बाद लटेरी थाने में हत्या सहित विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज किया गया था। पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए अन्य आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया था, लेकिन मुख्य आरोपी रफीक खां तब से फरार चल रहा था। इनामी आरोपी की गिरफ्तारीरफीक खाँ की गिरफ्तारी के लिए 10 हजार रुपये का इनाम घोषित किया गया था। पुलिस लगातार उसकी तलाश में जुटी हुई थी। मुखबिर से मिली सूचना के आधार पर पुलिस ने आरोपी रफीक खाँ को गिरफ्तार कर लिया। उसे न्यायालय में पेश किया गया है।
सिंगरौली जिले के सरई में रेलवे स्टेशन रोड पर नगर परिषद द्वारा कराए जा रहे नाली निर्माण के दौरान एक बड़ा हादसा हो गया। निर्माण कार्य में लगी गिट्टी मिक्सिंग मशीन अनियंत्रित होकर स्थानीय निवासी राजेश मिश्रा पर चढ़ गई। इस दुर्घटना में राजेश गंभीर रूप से घायल हो गए और बैढ़न जिला अस्पताल ले जाते समय रास्ते में उनकी मौत हो गई। शरीर के निचले हिस्से में हुआ गंभीर फ्रैक्चर मशीन राजेश मिश्रा की कमर के हिस्से को कुचलते हुए निकल गई। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि हादसे में राजेश का एक पैर दो स्थानों से और दूसरा पैर एक स्थान से पूरी तरह टूट गया था। अत्यधिक चोट और रक्तस्राव के कारण प्राथमिक उपचार के बाद उन्हें सरई अस्पताल से जिला अस्पताल रेफर किया गया था। निर्माण कार्य में सुरक्षा मानकों पर उठे सवाल हादसे के बाद स्थानीय नागरिकों ने नगर परिषद की कार्यप्रणाली और ठेकेदार पर गंभीर आरोप लगाए हैं। ग्रामीणों का कहना है कि कार्यस्थल पर सुरक्षा के पर्याप्त इंतजाम नहीं थे और घनी आबादी वाले क्षेत्र में मशीनरी के संचालन में लापरवाही बरती गई, जिसके चलते यह जानलेवा दुर्घटना हुई। मिक्सिंग मशीन जब्त, जांच जारी सरई थाना प्रभारी जितेंद्र सिंह भदौरिया ने बताया कि पुलिस ने मर्ग कायम कर मामले की जांच शुरू कर दी है। दुर्घटना में शामिल गिट्टी मिक्सिंग मशीन को पुलिस ने जब्त कर लिया है। प्रशासनिक टीम अब इस बात की जांच कर रही है कि निर्माण के दौरान सुरक्षा नियमों का उल्लंघन तो नहीं हुआ था।
पानीपत जिले के उप मंडल इसराना के गांव नौल्था के पास नेशनल हाईवे पर एक सड़क हादसे में दो लोग घायल हो गए। बता दे कि मंगलवार शाम करीब 5:30 बजे सन्नी एक्सपोर्ट के सामने जीटी रोड पर एक बाइक ने आगे चल रहे पिकअप को पीछे से टक्कर मार दी। इस हादसे में बाइक सवार पिता-पुत्र घायल हुए हैं। घायलों की पहचान गांव मनाना निवासी सलीम और उनके बेटे आसिफ के रूप में हुई है। दोनों को एन.सी. मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया है, जहां उनका इलाज चल रहा है। कार से टकराई बाइक जानकारी के अनुसार, सलीम अपने दो बेटों के साथ रोहतक मेडिकल कॉलेज से बेटे आसिफ का चेकअप करवाकर वापस लौट रहे थे। सलीम का तीसरा बेटा बाइक चला रहा था, जबकि सलीम और आसिफ पीछे बैठे थे। अचनाक ब्रेक लगाने से हादसा जब वे नौल्था बस अड्डे से आगे निकले, तो आगे चल रहे फोर व्हीलर ने अचानक ब्रेक लगा दिए। इससे पीछे से आ रही बाइक फोर व्हीलर से टकरा गई। टक्कर में सलीम और आसिफ घायल हो गए। बताया गया है कि आसिफ पहले से घायल था और उसका इलाज पीजीआई रोहतक में चल रहा था। वे उसी इलाज के सिलसिले में चेकअप के लिए रोहतक मेडिकल गए थे और वापस आते समय यह हादसा हो गया। तीसरे बेटे ने ही दोनों घायलों को एन.सी. मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया है।
जींद जिले के उचाना में बिजली निगम के कर्मचारियों ने मंगलवार को एसडीओ, जेई और लाइनमैन सहित 3 अधिकारियों के तबादले के विरोध में अनिश्चितकालीन धरना शुरू कर दिया है। यह धरना बिजली निगम कार्यालय में दिया जा रहा है। कर्मचारियों ने आरोप लगाया है कि ये तबादले राजनीतिक द्वेष भावना से किए गए हैं। धरने की अध्यक्षता प्रधान विकास खटकड़ ने की। वक्ताओं ने स्पष्ट किया कि जब तक इन तबादलों को रद्द नहीं किया जाता, तब तक उनका धरना जारी रहेगा। कर्मचारियों ने बुधवार से सुबह 9 बजे से शाम 5 बजे तक कोई भी कार्य न करने का भी ऐलान किया है। अधिकारियों के तबादले का विरोध प्रधान विकास खटकड़ ने आरोप लगाया कि ये तबादले राजनीतिक दबाव में किए गए हैं। उन्होंने बताया कि सरकार के बिजली चोरी रोकने के आदेश हैं। इसी क्रम में जेई नरेंद्र को करसिंधु गांव में बिजली चोरी मिली थी, जिसके खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की गई थी। जेई कृष्ण ने बताया कि एसडीओ उचाना जोजो तनेजा, जेई नरेंद्र और एएलएम शमशेर का तबादला किया गया है। उन्होंने 24 मार्च की घटना का जिक्र करते हुए कहा कि जेई नरेंद्र अपने क्षेत्र में ट्रांसफार्मर लगाने के निरीक्षण के लिए गए थे। इस दौरान करसिंधु गांव में चेकिंग के दौरान बिना मीटर के बिजली सप्लाई मिली, जहां कोई कनेक्शन नहीं था। धरना-प्रदर्शन में ये कर्मचारी हुए शामिल इस मौके पर जसबीर श्योकंद, जसबीर चहल, सुरेंद्र, वीरेंद्र नैन, सुभाष शर्मा, मनीष श्योकंद, कुलबीर फौजी, जोगिंद्र, नरेश, मनोज जेई, समुंद्र, दर्शन जेई, राकेश, संदीप और कमलदीप श्योकंद सहित कई कर्मचारी मौजूद रहे।
चूरू जिले के बीदासर थाना क्षेत्र में एक विवाहिता ने अपने घर के कमरे में फंदा लगाकर आत्महत्या कर ली। पीहर पक्ष की रिपोर्ट पर पुलिस ने दहेज प्रताड़ना के आरोप में ससुराल पक्ष के तीन लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया है। सूचना मिलने पर बीदासर पुलिस मौके पर पहुंची और परिजनों की मदद से शव को नीचे उतरवाया। शव को राजकीय टांटिया सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र की मॉर्च्युरी में रखवाया गया। मंगलवार शाम को मेडिकल बोर्ड द्वारा शव का पोस्टमॉर्टम करवाकर परिजनों को सौंप दिया गया। बीदासर पुलिस के अनुसार निम्बी जोधा रोड, लाडनूं निवासी लालाराम ने इस संबंध में रिपोर्ट दर्ज कराई है। उन्होंने बताया कि उनकी भतीजी आरती (20) की शादी 23 नवंबर 2023 को बीदासर निवासी भागूराम से हुई थी। शादी के कुछ समय बाद से ही उसके ससुराल पक्ष में पति भागूराम, सास संपू और जेठ उदाराम उसे दहेज के लिए शारीरिक और मानसिक रूप से प्रताड़ित करने लगे थे। लालाराम ने अपनी रिपोर्ट में बताया कि आरती को आए दिन दहेज के लिए मारपीट की जाती थी और ताने दिए जाते थे। उसके जेठ उदाराम भी उसे बार-बार प्रताड़ित करते हुए कहते थे कि उन्होंने खुद तीन शादियां की हैं और उनके छोटे भाई (आरती के पति) की भी दूसरी शादी करवा देंगे। इस तरह के ताने देकर आरती का जीना मुश्किल कर दिया गया था। आरती जब भी अपने पीहर आती थी, तो वह अपने ससुराल वालों द्वारा दहेज के लिए की जाने वाली मारपीट और मानसिक प्रताड़ना के बारे में बताती थी। सोमवार को उसने अपने भतीजे मनीष को फोन करके बताया था कि उस दिन भी उसके साथ मारपीट की गई है। लालाराम ने आरोप लगाया कि पति भागूराम, सास संपू और जेठ उदाराम की लगातार शारीरिक और मानसिक प्रताड़ना से तंग आकर आरती ने फंदा लगा लिया। मृतका आरती की चार माह की एक बेटी भी है। पुलिस ने ताऊ की रिपोर्ट के आधार पर ससुराल पक्ष के तीन आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
सिरसा में निजी स्कूलों में महंगी किताबें व स्टेशनरी सामान बेचने व फीस बढ़ोतरी पर सिरसा जिला शिक्षा अधिकारी (DEO) ने संज्ञान लिया है। डीईओ ने स्कूलों के अंदर बुक्स, ड्रेस या स्टेशनरी बेचने पर पूर्ण रूप से प्रतिबंध लगाने के आदेश जारी किए हैं। कोई भी स्कूल प्रबंधन बच्चे या अभिभावकों पर किताबें खरीदने पर दबाव नहीं बना सकता। किसी स्कूल द्वारा दबाव बनाया जाता है तो इसकी सूचना विभाग या प्रशासन को दें सकते हैं। यह आदेश शिक्षा विभाग ने शैक्षणिक सत्र 2026-27 के लिए जिले के सभी गैर-राजकीय (प्राइवेट) विद्यालयों के लिए दिशा-निर्देश जारी किए हैं, जो मंगलवार से लागू होंगे। इसे लेकर जिला शिक्षा अधिकारी (DEO) सुनीता साईं ने बताया कि विभाग द्वारा जारी आदेशों के अनुसार, जिन निजी स्कूलों के पास स्थायी मान्यता या अनुमति नहीं है, उन्हें बंद करवाया जाएगा। इसके साथ ही स्कूल केवल उसी स्तर तक दाखिले करेंगे व कक्षाएं चलाएंगे, जहां तक उनके पास विभाग की मान्यता है। स्कूल का नाम भी उसी अनुसार अंकित करना भी अनिवार्य है। डीईओ के अनुसार, विभाग ने स्कूलों के अंदर बुक्स, ड्रेस या स्टेशनरी बेचने पर पूर्ण प्रतिबंध रहेगा। वहीं, कुछ अभिभावकों ने स्कूलों में फीस बढोतरी व महंगी किताबें बेचने पर मुख्यालय को शिकायत भेजी थी। स्कूल में लगाना होगा नोटिस बोर्ड डीईओ के अनुसार, कोई भी स्कूल प्रबंधन अभिभावकों को किसी विशेष दुकान या वेंडर से सामान खरीदने के लिए मजबूर नहीं कर सकता। स्कूलों को केवल विभाग द्वारा अनुमोदित पुस्तकें ही लगानी होंगी और पुस्तकों की सूची खंड कार्यालय में जमा करानी होगी और इसे स्कूल के नोटिस बोर्ड पर भी चस्पा करना होगा। सभी स्कूलों को निर्देश दिया गया है कि वे फार्म-6 के अनुसार ही फीस लेना सुनिश्चित करें। यदि कोई भी निजी विद्यालय इन सरकारी आदेशों की अवहेलना करता है, तो विभाग द्वारा की जाने वाली कार्रवाई के लिए स्कूल प्रबंधन स्वयं जिम्मेदार होगा।
कोटा शहर में 20 दिन बाद एक बार फिर रिहायशी इलाके में सीवरेज की खुदाई के दौरान ब्लास्टिंग जैसे हालात बनने से हड़कंप मच गया। घटना में PHED की पाइपलाइन टूट गई, जिससे कॉलोनी में पानी की सप्लाई प्रभावित हुई। स्थानीय लोगों ने ब्लास्टिंग का आरोप लगाया है। हालांकि KDA इंजीनियर ने किसी भी तरह की ब्लास्टिंग से साफ इनकार किया है, जिससे मामला विवाद का विषय बन गया है। घटना तलवंडी क्षेत्र, वार्ड 71 के सेक्टर 2 और 3 की है। ब्लास्टिंग का स्थानीय लोगों ने विरोध जताया। इसके बाद KDA और PHED के अधिकारियों ने मौके पर पहुंचकर लोगों से समझाइश का प्रयास किया। इस दौरान KDA अधिकारी ने ब्लास्टिंग की बात से मना किया। जबकि ब्लास्टिंग का सीसीटीवी फुटेज सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। जिसमें ब्लास्टिंग का साउंड दबाने के लिए ऊपरी सतह पर भारी वजन वाले टायरों के लंबे-लंबे टुकड़ों को रखा गया। इससे पहले 17 मार्च को भी यहां ब्लास्टिंग की गई थी। ब्लास्टिंग से मकानों में कंपन स्थानीय निवासी जय प्रकाश ने बताया कि यहां पर ठेकेदार द्वारा सीवरेज लाइन डाली जा रही है, जबकि यहां पहले दो लाइन डल चुकी है। ठेकेदार ने पत्थर को काटने के लिए बारूद भर कर दो-तीन बार ब्लास्टिंग की। जिस कारण मकानों में कंपन हुआ और जलदाय विभाग की पानी की पाइप लाइन टूट गई। रातभर पानी बहा है। टूटी पानी की पाइप लाइन PHED के JEN मनोज ने बताया कि यहां सीवरेज का काम चल रहा था। इस दौरान पानी की पाइप लाइन तोड़ दी गई। रात को बड़ी मुश्किल से ठीक किया था, लेकिन इन्होने सपोर्ट नहीं लगाया। ठेकेदार ने कोई सूचना भी नहीं दी। आज मौके पर आकर देखा तो मौके पर ब्लास्टिंग का सामान मिला। संभवतया ब्लास्टिंग से लाइन टूटी है। ठेकेदार ने नहीं की कोई ब्लास्टिंग KDA के XEN पवन शर्मा ने बताया कि सुबह लोगों के घरों में पानी नहीं आया था। लोग इकट्ठा हो गए थे। मैं मौके पर जाकर समझाइश करके आया। ठेकेदार द्वारा कोई ब्लास्टिंग नहीं की गई। आपके पास सीसीटीवी फुटेज हो तो भेजो, ऐसा हो ही नहीं सकता। क्योंकि कुछ समय पहले जरूर ब्लास्टिंग की गई थी। तब ठेकेदार को नोटिस दिया गया था। ---------------------------------- ये खबर भी पढ़े- कोटा के रिहायशी इलाके में ब्लास्टिंग, मकानों में कंपन:सीवरेज की खुदाई के लिए बारूद भर कर किया विस्फोट, KDA इंजीनियर बोले-काम बंद करवा दिया कोटा में रिहायशी इलाके में सीवरेज की खुदाई के लिए जमीन में ड्रिलकर जिलेटिन से बारूद भर कर विस्फोट किया गया। जिसके चलते कॉलोनी के मकानों में कंपन हो रहा है। स्थानीय लोगों को मकान की नींव कमजोर होने का डर सताने लगा है।(पूरी खबर पढ़ें…)
बिजली कंपनी द्वारा 8 अप्रैल को बाजना बस स्टैंड फीडर, हाट रोड फीडर व डोंगरे नगर फीडर पर कवर्ड कंडक्टर लगाएगी। साथ ही मेंटनेंस कार्य किया जाएगा। इस कारण फीडर से जुड़े 30 से अधिक कॉलोनियों व क्षेत्रों में सुबह 8 से दोपहर 12 बजे तक बिजली सप्लाय प्रभावित होगी। प्रभावित क्षेत्रों में संत कंवरराम नगर, नित्यानंद धाम, कॉमर्स कॉलेज, डोंगरे नगर, सागोद रोड, वन विभाग, उत्कृष्ट स्कूल, सेंट्रल स्कूल, ईश्वर नगर, रामरहीम नगर, खेतलपुर, चंपा विहार, जेएमडी पैलेस, छोटूलाल बंजारा पट्रोल पंप, हाट रोड, सुभाष नगर फाटक, सुभाष नगर, दालमिल, वेद व्यास कॉलोनी, काटजू नगर, सूरज हॉल शामिल है। यह क्षेत्र भी शामिल इसके अलावा मोमिनपुरा, खटिक मोहल्ला, सांची मिल्क डेरी, कलिमी कॉलोनी, रेलवे पुलिया के पास, गोपाल गौशाला कॉलोनी, टीचर कॉलोनी, पटेल कॉलोनी, गोशाला रोड, राजेन्द्र नगर, हाट रोड गैस गौदाम, मराठो का वास, ईदगाह रोड, बुद्धेश्वर रोड, बोहरा कब्रिस्तान, धीरजशाह नगर, शांति निकेतन कॉलोनी आदि शामिल है। बिजली कंपनी के अनुसार कार्य के दौरान समय कम या ज्यादा हो सकता है।
102 गांव के सरपंचों ने जनपद घेरा:महिला सरपंचों से दुर्व्यवहार का आरोप, सचिवों को हटाने की मांग
धमतरी जिले के नगरी वनांचल क्षेत्र में 102 गांवों के सरपंचों ने तीन पंचायत सचिवों के व्यवहार से नाराज़ होकर जनपद पंचायत नगरी का घेराव किया। सरपंचों ने सचिवों पर महिला सरपंचों के साथ दुर्व्यवहार का आरोप लगाया है और चेतावनी दी है कि यदि जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो चक्काजाम किया जाएगा। सरपंचों ने सिहावा रोड के सर्व आदिवासी समाज भवन नगरी से 'सरपंच एकता जिंदाबाद' और 'सरपंचों के खिलाफ अभद्र व्यवहार नहीं सहेंगे' जैसे नारे लगाते हुए बाइक रैली निकाली। वे जनपद पंचायत कार्यालय नगरी पहुंचे, जहां सुरक्षा के लिए तैनात पुलिस बल ने उन्हें मुख्य गेट पर रोक दिया। इसके बाद आक्रोशित सरपंच दोषी सचिवों पर कार्रवाई की मांग करते हुए जनपद कार्यालय के मुख्य गेट पर ही धरने पर बैठ गए। अल्टीमेटम के बाद भी कोई कार्रवाई नहीं सरपंचों ने ग्राम पंचायत सेमरा, आमगांव और भीतररास में पदस्थ सचिवों पर महिला सरपंचों के साथ अभद्र व्यवहार, मनमानी, सरपंचों की बात न सुनने और समय पर दफ्तर न पहुंचने का आरोप लगाया है। उन्होंने यह भी कहा कि अन्य ब्लॉक से आए सचिव आदिवासी सरपंचों के साथ मनमानी करते हैं। इसके लिए पहले भी विरोध और शिकायत की जा चुकी थी, लेकिन एक सप्ताह के अल्टीमेटम के बाद भी ऐसे सचिवों का ट्रांसफर नहीं किया गया। उग्र आंदोलन और चक्काजाम की चेतावनी इस दौरान सरपंच संघ ने नायब तहसीलदार को कलेक्टर और जिला पंचायत के नाम एक ज्ञापन भी सौंपा। अधिकारियों से आश्वासन मिलने के बाद सरपंचों ने अपना प्रदर्शन समाप्त कर दिया। हालांकि, उन्होंने स्पष्ट किया कि यदि दो दिनों के भीतर मामले में कार्रवाई नहीं हुई, तो वे उग्र आंदोलन और चक्काजाम करने के लिए बाध्य होंगे।
संयुक्त मोर्चा बुरहानपुर के पदाधिकारियों ने मंगलवार को विभिन्न स्कूलों का दौरा किया। उन्होंने शिक्षकों को अपने अधिकारों के प्रति जागरूक किया और कल (8 अप्रैल) होने वाले विरोध प्रदर्शन में शामिल होने के लिए प्रेरित किया। यह प्रदर्शन शिक्षक पात्रता परीक्षा (टीईटी) से संबंधित सुप्रीम कोर्ट के निर्णय के विरोध में आयोजित किया जा रहा है। दोपहर 12 बजे से शाम 4 बजे तक चले इस अभियान के दौरान, पदाधिकारियों ने शिक्षकों के साथ शिक्षक पात्रता परीक्षा और वरिष्ठता के मुद्दों पर चर्चा की। शाम को चित्रा टॉकीज लालबाग स्थित एक स्कूल में भी इस संबंध में विस्तृत बातचीत हुई। सभी शिक्षकों से बुधवार को निकलने वाली वाहन रैली में बड़ी संख्या में भाग लेने का आग्रह किया गया। विरोध प्रदर्शनों की रूपरेखा भी तय कीसंयुक्त मोर्चा के प्रांतीय संयोजक ठाकुर संतोष दीक्षित और अखिल भारतीय उर्दू शिक्षक संघ के राष्ट्रीय अध्यक्ष व संयुक्त मोर्चा के जिलाध्यक्ष अशफाक खान ने आंदोलन की रणनीति पर प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि सुप्रीम कोर्ट द्वारा शिक्षक पात्रता परीक्षा के संबंध में लिए गए निर्णय के विरुद्ध याचिका दायर करने के लिए एक वेबसाइट तैयार की गई है। शिक्षकों को इस वेबसाइट पर अपनी जानकारी भरकर बार कोड के माध्यम से प्रति शिक्षक 100 रुपए का योगदान देना होगा। आगामी विरोध प्रदर्शनों की रूपरेखा भी तय की गई है। कल (बुधवार) संयुक्त मोर्चा नगर में बाइक रैली निकालेगा और कलेक्टर कार्यालय पहुंचकर ज्ञापन सौंपेगा। इसके बाद, 11 अप्रैल को ब्लॉक स्तर पर विरोध प्रदर्शन आयोजित किए जाएंगे। अंततः, 18 अप्रैल को प्रदेशभर के शिक्षक भोपाल पहुंचकर अपना विरोध दर्ज कराएंगे। मंगलवार को स्कूलों में पदाधिकारियों का दौरा इसी बड़े आंदोलन की तैयारी का हिस्सा था।
डूंगरपुर के बोरी गांव में जमीन विवाद को लेकर हुए हमले में एक व्यक्ति की मौत हो गई, जबकि उसका पुत्र गंभीर रूप से घायल हो गया। इस घटना में पुलिस की कथित लापरवाही भी सामने आई है। पीड़ित पक्ष ने 8 दिन पहले धमकी की रिपोर्ट दी थी, लेकिन पुलिस ने समय रहते कोई कार्रवाई नहीं की। कोतवाली थाना क्षेत्र के रेडा फला निवासी कल्पेश बरंडा अपने पिता दिनेश बरंडा और भाभी कोकिला के साथ बाइक से डूंगरपुर से अपने घर लौट रहे थे। जैसे ही वे बोरी गांव के पास पहुंचे, पहले से घात लगाए बैठे कुछ युवकों ने लाठियों और लोहे के पाइप से उन पर हमला कर दिया। हमले में पिता-पुत्र के सिर पर गंभीर चोटें आईं। घटना की सूचना मिलते ही 108 एंबुलेंस के ईएमटी ताराचंद भोई और पायलट दीपक मेनात मौके पर पहुंचे। उन्होंने दोनों घायलों को जिला अस्पताल पहुंचाया। अस्पताल में डॉक्टरों ने जांच के बाद दिनेश बरंडा को मृत घोषित कर दिया। वहीं, घायल कल्पेश बरंडा का उपचार जारी है। मृतक के शव को जिला अस्पताल की मॉर्च्युरी में रखवाया गया है। मृतक के पिता केशू बरंडा ने बताया कि उनका गांव के रवि नामक व्यक्ति के साथ जमीनी विवाद चल रहा था। कुछ दिन पहले जमीन को लेकर झगड़ा हुआ था, जिसमें रवि ने उन्हें जान से मारने की धमकी भी दी थी। केशू बरंडा के अनुसार, इस धमकी की रिपोर्ट कोतवाली थाने में 7 दिन पहले दी गई थी, लेकिन पुलिस की ओर से मामले में कोई कार्रवाई नहीं की गई। फिलहाल, पुलिस घटना की जांच में जुटी है।
इंदौर के जोन क्रमांक 8, वार्ड क्रमांक 37 स्थित साईकृपा कॉलोनी में बोरिंग के गंदे पानी की समस्या से लोग परेशान हैं। मंगलवार को महापौर पुष्यमित्र भार्गव कॉलोनी पहुंचे और रहवासियों से चर्चा कर स्थिति का जायजा लिया। रहवासियों ने हाल ही में बोरिंग के पानी में गंदगी की गंभीर समस्या की शिकायत की थी। इस पर महापौर ने संबंधित अधिकारियों को मौके पर जांच कर स्थायी समाधान करने के निर्देश दिए। साथ ही उन्होंने यह सुनिश्चित करने को कहा कि लोगों को पानी की समस्या न हो। इसके लिए नर्मदा लाइन से जल आपूर्ति के साथ जरूरत पड़ने पर पेयजल टैंकर उपलब्ध कराने के निर्देश भी दिए गए हैं। विशेष अभियान चलाया जा रहा महापौर के निर्देश पर नगर निगम द्वारा साईकृपा कॉलोनी में विशेष अभियान चलाया जा रहा है। इसके तहत बोरिंग में गंदे पानी के स्रोत की पहचान कर तकनीकी समाधान किया जाएगा। एहतियात के तौर पर क्षेत्र के सभी बोरिंग का क्लोरीनेशन किया गया है और सीवरेज लाइनों की व्यापक सफाई कराई जा रही है, ताकि भविष्य में ऐसी समस्या न हो। साथ ही शुद्ध पेयजल सुनिश्चित करने के लिए बोरिंग और नल के पानी की नियमित सैंपलिंग की जा रही है, जिससे जल गुणवत्ता की लगातार निगरानी हो सके।
ग्राम पंचायत भिलाई के ग्रामीणों ने तालाब पर अतिक्रमण के विरोध में मंगलवार को कलेक्ट्रेट तक पिंड भरकर प्रदर्शन किया। करीब 38 डिग्री सेल्सियस तापमान के बीच तीन ग्रामीण विवेकानंद चौराहे से कलेक्ट्रेट तक 100 मीटर से अधिक दूरी तपती सीसी रोड पर तय करते हुए पहुंचे। तालाब पर दोबारा अतिक्रमण करने का आरोपग्रामीणों का आरोप है कि गांव के पुराने तालाब पर दोबारा अतिक्रमण हो गया है। इससे मवेशियों और गौमाता को पानी नहीं मिल पा रहा है। उन्होंने बताया कि पूर्व कलेक्टर रोशन कुमार सिंह ने तालाब को अतिक्रमण मुक्त कराकर गेट लगवाया था, लेकिन अब वह क्षतिग्रस्त हो गया है और फिर से कब्जे होने लगे हैं। पिंड भरकर पहुंचे ग्रामीणों को देखकर डिप्टी कलेक्टर ने मौके पर उनसे मुलाकात की और उनकी समस्याएं सुनीं। उन्होंने कलेक्टर अंशुल गुप्ता को मामले से अवगत कराया। इसके बाद एसडीएम क्षितिज शर्मा ने ग्रामीणों को जल्द कार्रवाई का आश्वासन दिया। 2024 से कर रहे हैं मांग ग्रामीण निलेश ने बताया कि वे 2024 से तालाब के पुनर्निर्माण की मांग कर रहे हैं, लेकिन अब तक कोई समाधान नहीं हुआ है। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि एक सप्ताह के भीतर कार्रवाई नहीं होती है, तो 15 अप्रैल से गांव में चक्का जाम आंदोलन किया जाएगा। साथ ही आवश्यकता पड़ने पर वल्लभ भवन तक भी पिंड भरकर जाने की बात कही। फिलहाल, प्रशासन ने जल्द कार्रवाई का भरोसा दिया है। ग्रामीणों को उम्मीद है कि उनकी मांगों पर शीघ्र ध्यान दिया जाएगा। देखें तस्वीरें
बीजेपी के प्रदेश प्रभारी डॉ. राधामोहन दास अग्रवाल ने कहा-हमारे यहां सीएम भी संगठन से बड़ा नहीं होता है। मंत्रिमंडल विस्तार को लेकर उन्होंने कहा- हमारा संगठन एक प्रक्रिया से चलता है। मंत्रिमंडल विस्तार में सीएम का विशेषाधिकार होता है, वो ही तय करेंगे कि कौनसे मंत्री सही हैं और कौनसे गलत। लेकिन अंतिम अधिकार राष्ट्रीय अध्यक्ष का होगा। राधामोहन दास अग्रवाल ने ये बातें मंगलवार को प्रदेश बीजेपी कार्यालय में मीडिया से बातचीत के दौरान कही। उन्होंने कहा- मैंने यह कभी नहीं कहा कि मंत्रिमंडल सीएम तय करेंगे। मैंने कहा था कि जब सीएम महसूस करेंगे कि मंत्रिमंडल विस्तार की आवश्यकता है, परिवर्तन चाहिए तो वह हमारे राष्ट्रीय अध्यक्ष से बात करके उन नामों पर चर्चा करेंगे। कहा- सीएम सारे निर्णय नहीं लेते राधामोहन दास अग्रवाल ने कहा- आप लोग हमेशा पूछते हैं कि मंत्रिमंडल विस्तार कब होगा, लेकिन अगर हम संतुष्ट होंगे तो किसी को क्यों बदलेंगे, क्यों विस्तार करेंगे। यह निर्णय सीएम को लेने दीजिए कि वे अपने मंत्रियों से संतुष्ट हैं या नहीं। वे अपने मंत्रियों का लगातार मूल्यांकन कर रहे होंगे। जब समय आएगा तो वे राष्ट्रीय अध्यक्ष से कहेंगे। अग्रवाल ने कहा- हमारे यहां अचानक मुख्यमंत्री सारे निर्णय नहीं लेता है। जब महसूस करेंगे तो राष्ट्रीय अध्यक्ष से उन नामों पर चर्चा करेंगे। बंदूक हमारी ओर, निशाना कोई और पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के इंतजार शास्त्र पर पलटवार करते हुए प्रदेश प्रभारी अग्रवाल ने कहा- वे अपने दूसरे नेता के समकक्ष अपने आप को बड़ा नेता साबित करने की कोशिश कर रहे हैं, उनको ऐसा करने दीजिए। डॉ. राधामोहन दास अग्रवाल ने कहा- यह उनकी आंतरिक लड़ाई है। किसी के कंधे पर रखकर तो मारेंगे, इसलिए हमारे कंधे पर रखकर मार लेते हैं। उनकी लड़ाई में हम लोग क्यों पड़ें। उनकी बंदूक चलती हमारी ओर होगी, लेकिन निशाना कोई और होता है। वे हमारे ऊपर आक्रमण करते हैं तो वास्तव में आक्रमण अपने संगठन के अंदर किसी और के ऊपर करते हैं। बोले- कांग्रेस सरकार ने अपने ही डिप्टी सीएम को दायित्व मुक्त किया राधामोहन दास अग्रवाल ने कहा- उनकी सरकार थी तो क्या था, उनके तत्कालीन उपमुख्यमंत्री ही बेचारे उनकी सरकार का बट्टा बैठाने में लगे रहते थे। अंत में तत्कालीन मुख्यमंत्री ने अपने ही तत्कालीन उपमुख्यमंत्री पर क्या-क्या टिप्पणियां कर दी और उन्हें उनके दायित्व से मुक्त कर दिया। उनका अपना एक अनुभव है। द्वेष, गतिरोध, प्रतिशोध, बदला, हमारे यहां यह सब नहीं चलता है।
मुरैना के जौरा रोड पर चला बुलडोजर:सड़क किनारे दुकानों पर एक्शन, कलेक्टर के निर्देश पर हुई कार्रवाई
नगर निगम प्रशासन और राजस्व विभाग की टीम द्वारा जौरा रोड बैरियर चौराहे से मां-बेटी चौराहे तक अस्थायी अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई की गई। इस दौरान प्रशासनिक टीम को लोगों का हल्का विरोध भी झेलना पड़ा। लोगों द्वारा टीम से दो दिन की मोहलत मांगी जा रही थी, लेकिन टीम द्वारा यह मोहलत नहीं दी गई। नगर निगम प्रशासन का कहना था कि वह पिछले तीन दिन से लोगों को सूचना दे रहे हैं कि अपने अतिक्रमण को स्वयं हटा लें, लेकिन नहीं हटाने पर कार्रवाई की जा रही है। अतिक्रमण पर चला बुलडोजरजौरा रोड बैरियर चौराहे से लेकर मां-बेटी चौराहे तक की रोड पर छोटे दुकानदारों द्वारा लोहे की दुकानें बनाकर उन्हें सड़क किनारे रख लिया गया था और व्यापार किया जा रहा था। यह जगह हाथ ठेला वालों के लिए निर्धारित थी। दुकानदारों के कारण हाथ ठेला वाले सड़क पर खड़े होकर व्यापार करने लगे, जिससे जौरा रोड पर जाम की स्थिति बन रही थी। इसे प्रशासनिक टीम द्वारा बुलडोजर चलाकर हटाया गया। कलेक्टर के निर्देश पर कार्रवाईनायब तहसीलदार ज्योति लाक्षाकार के अनुसार जौरा रोड पर अतिक्रमण की शिकायत कलेक्टर लोकेश कुमार जांगिड़ तक पहुंची थी। उनके निर्देश पर अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई की जा रही है। यह जगह हाथ ठेला वालों के लिए निर्धारित की गई थी।
मध्यप्रदेश में सरकारी नौकरी की तैयारी कर रहे युवाओं के लिए बड़ा अवसर है। मध्यप्रदेश कर्मचारी चयन मंडल (MPESB) ने वर्ष 2026 के लिए संशोधित परीक्षा शेड्यूल जारी कर दिया है। इसमें 10 भर्ती परीक्षाओं की नई तारीखें घोषित की गई हैं। खास बात यह है कि अगले 6 महीनों में होने वाली इन परीक्षाओं में से 5 प्रमुख भर्ती परीक्षाओं के जरिए 3 हजार से ज्यादा पदों पर नियुक्तियां की जाएंगी। पदों की पूरी जानकारी सामने आने के बाद यह संख्या दोगुनी से भी ज्यादा हो सकती है। 8 भर्ती और 2 पात्रता परीक्षाएं एमपीईएसबी के अनुसार, अप्रैल से दिसंबर 2026 के बीच अलग-अलग विभागों में परीक्षाएं आयोजित होंगी। इनमें स्वास्थ्य, पुलिस और तकनीकी विभागों के पद शामिल हैं। कुल 8 भर्ती परीक्षाएं और 2 पात्रता परीक्षाएं प्रस्तावित हैं। कुछ परीक्षाओं की तारीखें 1 से 2 महीने आगे बढ़ाई गई हैं। इससे उम्मीदवारों को तैयारी के लिए अतिरिक्त समय मिलेगा। प्रशासनिक कारणों से किया बदलावमंडल ने बताया कि परीक्षा शेड्यूल में बदलाव प्रशासनिक कारणों से किया गया है, ताकि परीक्षाओं का बेहतर प्रबंधन और सुचारु आयोजन सुनिश्चित किया जा सके। एमपीईएसबी ने उम्मीदवारों को सलाह दी है कि वे नियमित रूप से आधिकारिक वेबसाइट पर अपडेट चेक करते रहें। परीक्षा तिथियों और एडमिट कार्ड से जुड़ी जानकारी समय-समय पर जारी की जाएगी। ये खबर भी पढ़े… MP में नर्सिंग के 2,646 पदों पर निकली भर्ती मध्यप्रदेश कर्मचारी चयन मंडल (MPESB) ने लोक स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा विभाग के तहत नर्सिंग ऑफिसर और सिस्टर ट्यूटर के 2,646 पदों के लिए संयुक्त भर्ती परीक्षा-2026 का नोटिफिकेशन जारी किया है। आवेदन 6 अप्रैल से 20 अप्रैल तक होंगे। परीक्षा 15 मई 2026 से शुरू होगी। पढ़िए पूरी खबर।
हरियाणा के कृषि मंत्री श्याम सिंह राणा ने मंगलवार शाम पानीपत जिले की अनाज मंडियों का दौरा किया। उन्होंने पानीपत, मतलौड़ा, बापौली, समालखा और इसराना की मंडियों का निरीक्षण किया। इस दौरान उनके साथ एसडीएम नवदीप सिंह नैन और मंडी सैक्रेटरी पवन नागपाल सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे। कृषि मंत्री राणा ने किसानों को आश्वासन दिया कि उन्हें मंडियों में किसी प्रकार की समस्या नहीं होने दी जाएगी। उन्होंने बायोमेट्रिक कांटे पर आने वाली समस्याओं के समाधान का भी भरोसा दिया। मंत्री ने बताया कि हरियाणा सरकार ने फसल बिक्री में चोरी रोकने के लिए बायोमेट्रिक प्रणाली अपनाई है, ताकि बाहरी व्यक्ति अपनी फसल न बेच सकें। मंत्री की बातों से संतुष्ट नहीं हुए किसान उन्होंने दोहराया कि हरियाणा सरकार किसानों के साथ खड़ी है और उनकी हर समस्या का समाधान करने के लिए प्रतिबद्ध है। इस दौरान उन्होंने किसान यूनियन एकता सिद्धपुर के नेताओं से भी बात की। हालांकि, किसान मंत्री की बातों से संतुष्ट नहीं हुए और उन्होंने विरोध प्रदर्शन किया, जिसके बाद श्याम सिंह राणा वहां से चले गए। इस अवसर पर भाजपा पूर्व जिला प्रधान धर्मपाल जागलान, मार्केट कमेटी सेक्रेटरी पवन नागपाल, हैफेड मैनेजर सीमा शर्मा, मंडी यूनियन प्रधान जयकरण जागलान, आढती योगेश जागलान, सुखबीर सिंह और भाजपा जिला प्रधान दुष्यंत भट्ट सहित कई कार्यकर्ता उपस्थित थे।
सेमारी में 700 किलो दूषित खाद्य सामग्री नष्ट:'शुद्ध आहार मिलावट पर वार' अभियान के तहत की कार्रवाई
सलूंबर जिले में 'शुद्ध आहार मिलावट पर वार' अभियान के तहत खाद्य सुरक्षा दल ने सेमारी उपखंड में बड़ी कार्रवाई की है। इस दौरान चावंड और सेमारी क्षेत्र के विभिन्न प्रतिष्ठानों से आठ खाद्य सामग्री के नमूने लिए गए। सेमारी में दो दुकानों से भारी मात्रा में दूषित और अवधि पार खाद्य सामग्री जब्त कर नष्ट की गई। जिला कलेक्टर मोहम्मद जुनैद पी.पी. और मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी सलूंबर के निर्देश पर, उपखंड अधिकारी सुरेश कुमार बलाई के नेतृत्व में यह कार्रवाई हुई। सेमारी में मेसर्स के.के.जे.बी. मार्ट और मेसर्स एल.जे. मार्ट पर निरीक्षण के दौरान विभिन्न प्रकार के मसाले, तेल, सूजी, बेसन, चाय पत्ती, पापड़, राजगिरा, सिंघाड़ा आटा और पोहा जैसी 700 किलो दूषित और अवधि पार सामग्री मिली। इसे जनहित में प्रशासन की उपस्थिति में डंपिंग यार्ड में ले जाकर नष्ट करवाया गया। 14 किलो घी का नमूना लिया मेसर्स के.के.जे.बी. मार्ट से 'मारवाड़ की शान सरस' ब्रांड के 14 किलो घी का नमूना लिया गया और रिपोर्ट आने तक उसे जब्त कर लिया गया। इसी तरह, मेसर्स एल.जे. मार्ट से गुलाब जामुन और मेसर्स विमल चंद लिखमीचंद से तेल के नमूने भी लिए गए। बिना लेबल के खाद्य सामग्री बेची जा रही निरीक्षण के दौरान कई गंभीर अनियमितताएं सामने आईं। विक्रेताओं ने खाद्य अनुज्ञा पत्र (लाइसेंस) उचित स्थान पर प्रदर्शित नहीं किया था। प्रतिष्ठानों में साफ-सफाई का अभाव था और अधिकतर खाद्य सामग्री बिना लेबल के बेची जा रही थी। खाद्य सुरक्षा अधिकारी घनश्याम सिंह सोलंकी ने इन कमियों के संबंध में खाद्य सुरक्षा मानक अधिनियम के तहत सुधार नोटिस जारी करने की बात कही। खाद्य सामग्री के नमूने लिए खाद्य सुरक्षा दल ने चावंड में एमजी होटल का भी निरीक्षण किया, जहां से विभिन्न मसाले, बिस्कुट और दही के नमूने लिए गए। इस रेस्टोरेंट में खाद्य रंगों का उपयोग किया जा रहा था, जिन्हें मौके पर ही नष्ट करवाया गया। सभी लिए गए नमूनों को जांच के लिए जन स्वास्थ्य प्रयोगशाला भेजा जाएगा। रिपोर्ट मिलने के बाद खाद्य सुरक्षा व मानक अधिनियम 2006 के तहत आवश्यक कानूनी कार्रवाई की जाएगी। इसके अलावा उपखंड अधिकारी सुरेश कुमार बलाई व खाद्य सुरक्षा अधिकारी घनश्याम सिंह सोलंकी द्वारा बस स्टैंड स्थित मिष्ठान विक्रेता व अन्य किराना व्यापारियों को खाद्य सुरक्षा जागरूकता से संबंधित आवश्यक दिशा निर्देश प्रदान किया एवं साफ-सफाई रखने हेतु पाबंद किया गया । इस कार्रवाई में उपखंड अधिकारी सुरेश कुमार बलाई के साथ खाद्य सुरक्षा अधिकारी घनश्याम सिंह सोलंकी राजस्व निरीक्षक गजेंद्र, प्रशिक्षु खाद्य सुरक्षा अधिकारी राकेश पुष्करणा, निशा मीना और सहायक शूरवीर सिंह उपस्थित रहे। खाद्य सामग्री नहीं बेचने हेतु प्रेरित किया खुले में खाद्य सामग्री नहीं बेचने एवं खाद्य सामग्री बनाने में गुणवत्ता युक्त खाद्य पदार्थ काम में लेने हेतु प्रेरित किया गया। डॉ महेन्द्र कुमार परमार ने बताया कि 'शुद्ध आहार मिलावट पर वार अभियान' के तहत निरीक्षण व नामुनिकरण की कार्यवाही निरंतर जारी रहेगी।
अशोकनगर कलेक्ट्रेट कार्यालय में मंगलवार को कलेक्टर साकेत मालवीय ने जनसुनवाई की। इस दौरान कुल 212 आवेदक अपनी समस्याएं लेकर पहुंचे, जिनकी शिकायतों को गंभीरता से सुना गया। जनसुनवाई में कई गंभीर मामले सामने आए। शहर के समाजसेवियों ने निजी स्कूलों द्वारा मनमाने दामों पर किताबें, कॉपियां और ड्रेस बेचे जाने का विरोध किया। उन्होंने आरोप लगाया कि स्कूल अपनी ही बुक स्टोर से किताबें खरीदने को मजबूर करते हैं, जहां अत्यधिक कीमत वसूली जाती है। ड्रेस के संबंध में भी घटिया गुणवत्ता के बावजूद अधिक पैसे लेने की शिकायत की गई। समाजसेवियों ने कलेक्टर को आवेदन देकर उचित मूल्य पर सामग्री उपलब्ध कराने और हर बुक स्टोर पर किताबें मिलने की मांग की। अफसरों से बोले कलेक्टर- काम करोगे या तमाशा देखोगेनिजी स्कूलों की शिकायतों के अलावा, शहर और ग्रामीण क्षेत्रों से भी विभिन्न प्रकार की समस्याएं लेकर आवेदक कलेक्टर के समक्ष पहुंचे। सुबह 11 बजे से दोपहर 1 बजे तक चलने वाली जनसुनवाई इस बार डेढ़ घंटे अधिक चली और दोपहर ढाई बजे समाप्त हुई। समस्याएं सुनने के दौरान कलेक्टर ने कुछ अधिकारियों को समय पर काम न करने के लिए फटकार लगाई। उन्होंने बच्चियों को लगने वाले एचपीवी (HPV) टीकाकरण में लापरवाही बरतने पर जिला शिक्षा अधिकारी चंद्रशेखर सिसोदिया और टीकाकरण अधिकारी डॉ. रजनी छारी को विशेष रूप से फटकारा। कलेक्टर मालवीय ने अधिकारियों से कहा, आप लोग काम करोगे या तमाशा देखोगे? हम तमाशा देखने नहीं देंगे।
रेवाड़ी में फास्ट ट्रैक स्पेशल कोर्ट ने नाबालिग से रेप के मामले में दोषी को 20 साल कैद और एक लाख रुपए जुर्माने की सजा सुनाई है। 17 वर्षीय नाबालिग ने नवंबर 2022 में मां की डांट के बाद घर छोड़ दिया था। इसके बाद वह लापता हो गई थी। मई 2023 में उसे राजस्थान से बरामद किया गया था। मेडिकल जांच में नाबालिग गर्भवती मिली थी। पिता की शिकायत पर मॉडल टाउन थाना पुलिस ने आरोपी के खिलाफ पोस्को सहित विभिन्न धाराओं के तहत केस दर्ज किया था। मामले की सुनवाई के बाद एडीजे न्यायाधीश लोकेश गुप्ता कोर्ट ने आरोपी को दोषी मानते हुए सजा सुनाई। फरीदाबाद शिफ्ट हुआ था परिवार नाबालिग के पिता ने पुलिस को बताया था कि उसका परिवार नवंबर 2022 में फरीदाबाद शिफ्ट हो गया था। इसी समय मां के डांटने पर उनकी 17 वर्षीय नााबलिग बेटी ने घर छोड़ दिया था। मई 2023 में राजस्थान पुलिस ने फोन कर उनकी बेटी की जानकारी दी। जिसके बाद बेटी को राजस्थान से फरीदाबाद लेकर आए। पूछताछ में बेटी ने आपबीती बताई। मेडिकल जांच में बेटी 6-7 माह की गर्भवती मिली। पिता की शिकायत पर 11 मई 2023 को फरीदाबाद की पल्ला थाना पुलिस ने जीरो एफआईआर दर्ज की कर रेवाड़ी मॉडल आउन थाना पुलिस को भेजी थी। होटल कर्मी ने किया दुष्कर्म नाबालिग ने परिजनों को बताया था कि वह रेवाड़ी मॉडल टाउन के एक होटल में खाना लेने गई थी। जहां अंकुश ने होटल में उसके साथ रेप किया था। जिसकी पहचान यूपी अमरोही के गांव सहेलिया औसामाफी उझारी के रुप में हुई। जीरो एफआईआर मिलने के बाद मॉडल टाउन थाना पुलिस ने 12 मई को केस दर्ज किया था। इसके बाद पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार किया था। फास्ट ट्रैक कोर्ट में चली सुनवाई मामले को सुनवाई के लिए स्पेशल फास्ट ट्रैक कोर्ट में चली। सुनवाई पूरी होने के बाद एडीजे लोकेश गुप्ता की अदालत ने आरोपी को दोषी मानते हुए 20 साल कैद और एक लाख रुपए जुर्माने की सजा सुनाई। जुर्माना राशि अदा न करने पर दो साल की अतिरिक्त सजा काटनी होगी।
जिला कलेक्टर देशल दान ने मंगलवार को राजस्व अधिकारियों की समीक्षा बैठक ली। यह बैठक जिला परिषद के ईडीपी सभागार में आयोजित की गई। इसमें जिले के राजस्व कार्यों की प्रगति, लंबित प्रकरणों और विभिन्न ऑनलाइन पोर्टलों पर दर्ज मामलों की स्थिति की गहन समीक्षा की गई। बैठक के दौरान जिला कलेक्टर ने राजस्व न्यायालयों में लंबित प्रकरणों, नामांतरण और ई-फाइलिंग से जुड़े मामलों के शीघ्र निस्तारण के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि आमजन से जुड़े राजस्व प्रकरणों का समयबद्ध, पारदर्शी और गुणवत्तापूर्ण निस्तारण सुनिश्चित किया जाए, ताकि नागरिकों को अनावश्यक परेशानी का सामना न करना पड़े। उन्होंने लंबित प्रकरणों की नियमित समीक्षा कर प्राथमिकता के आधार पर समाधान पर जोर दिया। कलेक्टर ने ऑनलाइन पोर्टलों पर लंबित मामलों की स्थिति को अद्यतन रखने के निर्देश दिए। उन्होंने ई-फाइलिंग और ऑनलाइन आवेदन से जुड़े प्रकरणों का त्वरित निस्तारण सुनिश्चित करने को कहा। साथ ही, विभिन्न न्यायालयों में लंबित मामलों को गंभीरता से लेते हुए नियमानुसार कार्रवाई करने के निर्देश भी दिए गए। इसके अतिरिक्त क्षतिग्रस्त भवनों से हुई जनहानि और पशु हानि के मामलों की समीक्षा की गई। संबंधित जानकारी को पोर्टल पर शीघ्र अद्यतन करने और प्रभावितों को जल्द राहत पहुंचाने के निर्देश दिए गए। बैठक में बच्चों में फैल रहे वायरल बुखार की रोकथाम और स्वच्छता अभियान के तहत व्यापक साफ-सफाई सुनिश्चित करने पर भी जोर दिया गया। जिला कलेक्टर ने अधिकारियों को टीम भावना के साथ कार्य करने तथा राज्य व केंद्र सरकार की योजनाओं की नियमित निगरानी करने के निर्देश दिए। इसका उद्देश्य पात्र लोगों तक योजनाओं का लाभ समय पर पहुंचाना है। इस बैठक में अतिरिक्त जिला कलेक्टर दिनेश चंद्र धाकड़, अतिरिक्त मुख्य कार्यकारी अधिकारी अनिल पहाड़िया सहित राजस्व विभाग के अधिकारी उपस्थित रहे।
शिवपुरी में जनसुनवाई के दौरान वार्ड 36 के ढीमर मोहल्ले का पानी संकट सामने आया। महिलाओं ने कलेक्टर को बताया कि नगर पालिका ने करीब डेढ़ साल पहले उनके घरों में नल कनेक्शन दिए थे, लेकिन आज तक पानी की सप्लाई शुरू नहीं हुई। इसके बावजूद लगातार पानी के बिल वसूले जा रहे हैं। पूजा कोली नामक महिला ने बताया कि पानी न मिलने के कारण उन्होंने पिछले तीन महीने से बिल जमा नहीं किया है। अब नगर पालिका उन पर पेनल्टी लगाने की बात कह रही है। महिलाओं ने कलेक्टर से जल्द पानी की सप्लाई शुरू कराने और अनावश्यक बिल वसूली रोकने की मांग की है। बीमार महिला ने मांगी अपनी एफडी की राशिजनसुनवाई में दूसरा मामला महाराष्ट्र के पुणे की सोनिया त्रिपाठी का सामने आया। उन्होंने शिकायत की कि सहकारिता बैंक में उनकी 8 लाख रुपये की फिक्स्ड डिपॉजिट (एफडी) है, लेकिन बैंक उनका पैसा वापस नहीं कर रहा है। सोनिया त्रिपाठी ने बताया कि वह गंभीर रूप से बीमार हैं। उनके दिमाग की दो नसों में क्लॉट जमा है, जिसके इलाज के लिए ऑपरेशन आवश्यक है। आर्थिक तंगी के कारण वह अपना इलाज नहीं करा पा रही हैं। आश्वासन के बाद भी नहीं मिला पैसाउन्होंने बताया कि बैंक ने पहले उन्हें 30 हजार रुपये देकर टाल दिया था और बाद में पूरी राशि देने का आश्वासन दिया था, लेकिन अब तक पैसा नहीं मिला है। सोनिया ने प्रशासन से जल्द से जल्द उनके पैसे दिलाने की मांग की है, ताकि वह अपना इलाज करा सकें और अपने छोटे बच्चे की जिम्मेदारी निभा सकें।
फरीदाबाद के सेक्टर-25 में स्थित हनुमान मंदिर के पास सोमवार शाम एक सड़क हादसा हो गया। लोहे के भारी एंगल से लदी ट्रैक्टर-ट्रॉली के ड्राइवर की लापरवाही के कारण एक लंबा एंगल पीछे चल रही कार में जा घुसा, जिससे कार सवार व्यक्ति गंभीर रूप से घायल हो गया। घायल को तुरंत एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उसका उपचार चल रहा है। घायल कार सवार की पहचान सेक्टर-23 संजय कॉलोनी निवासी प्रकाश मुदगल के रूप में हुई है। हादसे में उनके सिर में गंभीर चोट आई है। सूचना मिलने पर सेक्टर-58 थाना पुलिस मौके पर पहुंची और ट्रैक्टर-ट्रॉली को कब्जे में लेकर मामले की जांच शुरू कर दी है। अचानक ब्रेक लगाने से कार में घुसी एंगल जानकारी के अनुसार प्रकाश मुदगल सेक्टर-58 औद्योगिक क्षेत्र में एक कैंटीन चलाते हैं। सोमवार शाम करीब साढ़े 5 बजे वह अपनी कार से कैंटीन बंद कर घर लौट रहे थे। जब वह सेक्टर-25 स्थित हनुमान मंदिर के पास पहुंचे, तभी उनके आगे एक ट्रैक्टर-ट्रॉली चल रही थी, जिसमें कई भारी-भरकम लोहे के लंबे एंगल लोड किए हुए थे। बताया जाता है कि ट्रैक्टर ड्राइवर ने अचानक एक कंपनी के सामने मोड़ लिया और बिना किसी चेतावनी के अचानक ब्रेक लगा दिए। अचानक ब्रेक लगने के कारण ट्रॉली में रखा लंबा लोहे का एंगल पीछे की ओर खिसक गया और पीछे चल रही कार के आगे के शीशे को तोड़ता हुआ अंदर घुस गया। लोगों ने घायल को कार से बाहर निकाला इस दौरान कार चला रहे प्रकाश मुदगल के सिर में गंभीर चोट लग गई और वह घायल हो गए। हादसे के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई। आसपास मौजूद लोगों ने तुरंत कार के अंदर फंसे घायल व्यक्ति को बाहर निकाला और इलाज के लिए नजदीकी निजी अस्पताल पहुंचाया। वहीं सूचना मिलते ही सेक्टर-58 थाना पुलिस भी मौके पर पहुंच गई और घटनास्थल का जायजा लिया। पुलिस ने हादसे में शामिल ट्रैक्टर-ट्रॉली को जब्त कर लिया है। ट्रैक्टर ड्राइवर के खिलाफ केस दर्ज मामले की जांच कर रहे जांच अधिकारी हवलदार तिलकराज सिंह ने बताया कि घायल कार सवार के सिर में चोट आई है, लेकिन फिलहाल उसकी हालत स्थिर बताई जा रही है। पीड़ित के बेटे रोहित की शिकायत के आधार पर पुलिस ने अज्ञात ट्रैक्टर ड्राइवर के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस अब फरार ड्राइवर की तलाश कर रही है और पूरे मामले की जांच की जा रही है।
टीकमगढ़ के मशहूर जैन तीर्थ क्षेत्र पपौरा जी में मंगलवार से पंचकल्याणक महोत्सव का आगाज हो गया। शहर में निकली कलश यात्रा के साथ इस धार्मिक उत्सव की शुरुआत हुई, जो 8 अप्रैल से 13 अप्रैल तक चलेगा। शहर के बाजार जैन मंदिर से शुरू हुई इस यात्रा में पूरा जैन समाज उमड़ पड़ा। पारंपरिक कपड़ों में सजे इंद्र-इंद्राणियां, महिला रेजीमेंट और बैंड-बाजों की धुन ने माहौल को भक्तिमय बना दिया। रास्ते भर लोगों ने आरती उतारकर और पूजा करके कलश यात्रा का स्वागत किया। इन रास्तों से गुजरी यात्रा यह यात्रा शहर के मुख्य रास्तों जैसे स्टेट बैंक चौराहा, पपौरा चौराहा, कटरा बाजार और गांधी चौराहा से होती हुई राजेंद्र पार्क (मानस मंच) पहुंची। यहां से श्रद्धालुओं को पपौरा जी तक ले जाने के लिए खास गाड़ियों का इंतजाम किया गया था। आचार्य श्री का सानिध्य पपौरा में होने वाला यह बड़ा आयोजन आचार्य श्री 108 विशुद्ध सागर महाराज के मार्गदर्शन में संपन्न होगा। 6 दिनों तक चलने वाले इस महोत्सव में कई धार्मिक अनुष्ठान किए जाएंगे। आगे के कार्यक्रम पपौरा के इस उत्सव के तुरंत बाद, 14 से 20 अप्रैल तक शहर की सुभाषपुरम कॉलोनी के जैन मंदिर में भी पंचकल्याणक महोत्सव मनाया जाएगा। इन आयोजनों की वजह से पूरे टीकमगढ़ में धर्म और उत्सव का माहौल बना हुआ है।
बूंदी में छात्रों को कानूनी रूप से जागरूक करने के लिए एक विशेष अभियान शुरू किया गया है। 'एम्पावरिंग राजस्थान यूथ ए लीगल लिटरेसी इनिशिएटिव-2026' योजना के तहत अब स्कूलों में शिक्षक के साथ-साथ न्यायाधीश भी कक्षाएं लेंगे। राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण ने इस पहल के तहत 'ट्रांसफॉर्मेटिव ट्यूजडे' अभियान की शुरुआत की है। यह अभियान अप्रैल माह के पहले मंगलवार से प्रारंभ हो चुका है। इसके अंतर्गत बूंदी जिले के 24 सिविल जज से लेकर डीजे कैडर तक के न्यायाधीश 592 चयनित स्कूलों में छात्रों को कानूनी साक्षरता का पाठ पढ़ाया। इन कक्षाओं में छात्रों को साइबर सुरक्षा, साइबर बुलिंग, डिजिटल अरेस्ट, ऑनलाइन धोखाधड़ी और सोशल मीडिया के सुरक्षित उपयोग जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर जागरूक किया गया। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की सचिव सरिता मीणा ने बताया कि यह अभियान राजस्थान हाईकोर्ट के कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश संजीव प्रकाश शर्मा की पहल पर शुरू हुआ है। इसका शुभारंभ सुप्रीम कोर्ट के मुख्य न्यायाधिपति सूर्यकांत ने 20 फरवरी को साइबर लॉ पर आयोजित राज्य स्तरीय कॉन्फ्रेंस में किया था, जबकि प्रदेशव्यापी क्रियान्वयन अब शुरू हुआ है। अभियान के तहत कक्षा 8 से 12वीं तक के छात्रों के लिए कॉमन सेशन आयोजित किए गए। पहले दिन बूंदी जिले में पदस्थापित न्यायिक अधिकारी पंकज नरूका, सुमन गुप्ता, संजय कुमार गुप्ता, सरिता मीणा, डॉ. विवेक शर्मा, मीनाक्षी मीना, दुदा राम खोकर, भावना भार्गव, डॉ. मनोज तिवारी, जाकिर हुसैन, अंबिका, सीमा संदू, आदित्य वशिष्ठ, सिद्धांत सक्सैना, पैनल लॉयर, लीगल एड डिफेंस काउंसिल और पैरा लीगल वॉलंटियर्स ने 2054 छात्रों को लाभान्वित किया। यह अभियान आगामी एक साल तक चलेगा, जिसमें हर माह के पहले और तीसरे मंगलवार को एक विशेष विषय पर छात्रों को जागरूक किया जाएगा। शुरुआत साइबर सुरक्षा से हुई है। भविष्य में दैनिक जीवन से जुड़े कानून, संवैधानिक अधिकार, विधिक सहायता, बाल अधिकार, महिला अधिकार और जिम्मेदार नागरिकता जैसे विषयों पर व्यावहारिक जानकारी प्रदान की जाएगी।

