चंदौली में नियामताबाद विकासखंड के मढ़िया गांव में सोमवार को नाला सफाई को लेकर अनोखा विरोध प्रदर्शन देखने को मिला। स्थानीय युवक पंकज उर्फ गोलू नाले में कुर्सी डालकर बैठ गया और नियमित सफाई की मांग करने लगा। सूचना पर पहुंची पुलिस और अधिकारियों के आश्वासन के बाद युवक ने प्रदर्शन समाप्त कर दिया। युवक का आरोप था कि वर्षों से नाले की नियमित सफाई नहीं होने के कारण बरसात में जलभराव की गंभीर समस्या बनी रहती है। उसका कहना था कि सफाई के बाद निकाला गया कचरा लंबे समय तक नाले के किनारे पड़ा रहता है, जिससे लोगों को परेशानी होती है। उसने मुख्य निकासी स्थल की प्रभावी सफाई कराने और कचरा समय पर हटाने की मांग की। ग्राम प्रधान शंकर प्रसाद ने बताया कि जिलाधिकारी के निर्देश पर बरसात को देखते हुए नालों की सफाई कराई जा रही है। उन्होंने कहा कि युवक तत्काल कचरा हटाने की मांग कर रहा था, जबकि गीला कचरा उसी समय उठाना संभव नहीं होता। सामान्यतः कचरा एक-दो दिन सूखने के बाद हटाया जाता है। उन्होंने बताया कि क्षेत्र में लंबे समय से जलभराव की समस्या रही है, जिसे दूर करने के लिए सफाई अभियान चलाया जा रहा है। सूचना मिलने पर जलीलपुर चौकी प्रभारी अजय यादव पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने युवक को समझाया और संबंधित अधिकारियों से वार्ता कर उसकी मांगों पर उचित कार्रवाई का आश्वासन दिया। इसके बाद युवक नाले से बाहर आ गया और मामला शांत हो गया।
भोपाल के अलग-अलग वार्डों से सामने आ रही जनसमस्याओं के समाधान में दैनिक भास्कर एप का 'भास्कर समाधान' सेगमेंट लगातार प्रभावी साबित हो रहा है। इस मंच के जरिए नागरिक अपनी समस्याएं सीधे जिम्मेदार अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों तक पहुंचा रहे हैं। शिकायत पोस्ट होते ही संबंधित विभाग और जनप्रतिनिधि संज्ञान लेकर कार्रवाई कर रहे हैं, जिससे लोगों को समय पर राहत मिल रही है। ( आमजन से जुड़ी जनसमस्याएं और शहर की जमीनी हकीकत पोस्ट करने के लिए यहां क्लिक करें… ) वार्ड 32 की पार्षद आरती राजू अनेजा बनीं आज की 'पब्लिक स्टार' वार्ड 32 की आयकर कॉलोनी निवासी आशु इवने ने 'भास्कर समाधान' पर शिकायत दर्ज कराई थी। उन्होंने बताया था कि पिछले 4-5 महीनों से पाइप लाइन लीकेज होने के कारण पानी लगातार बह रहा था, लेकिन शिकायत के बावजूद समस्या का समाधान नहीं हो रहा था। शिकायत पोस्ट होते ही आज की 'पब्लिक स्टार' पार्षद आरती राजू अनेजा ने तत्काल संज्ञान लिया और पाइप लाइन की मरम्मत कराकर लीकेज बंद कराया। इससे क्षेत्रवासियों को बड़ी राहत मिली। एप से लोगों को मिल रहा समाधान पीर गेट: ऊंचे पेड़ की हुई कटाई, हादसे का खतरा टला वार्ड 21 के पीर गेट निवासी गौरव राज ने 'भास्कर समाधान' पर शिकायत दर्ज कराई थी। उन्होंने बताया था कि बरसात के दौरान पेड़ की बड़ी-बड़ी शाखाएं टूटकर सड़क पर गिर रही थीं, जिससे लोगों की जान को खतरा बना हुआ था। शिकायत पोस्ट होते ही संबंधित विभाग ने संज्ञान लिया और पेड़ की कटाई कराकर समस्या का समाधान किया। इसकी पुष्टि स्वयं शिकायतकर्ता ने की है। जलभराव, सफाई और सड़क की समस्याओं से जूझ रहे भोपालवासी करोंद: जाम और टूटी नाली से सड़क पर फैल रहा गंदा पानी वार्ड 75 के करोंद निवासी निरपत रजक ने 'भास्कर समाधान' पर शिकायत दर्ज कराई है। उन्होंने बताया कि उनके मोहल्ले की नाली लंबे समय से जाम और टूटी हुई है। इसके कारण गंदा पानी सड़क पर फैल रहा है, जिससे दुर्गंध, मच्छरों का प्रकोप और बीमारियों का खतरा बढ़ गया है। लोगों को आने-जाने में भी काफी परेशानी हो रही है। भानपुरा: स्कूल के पास गंदगी का अंबार, बच्चों को हो रही परेशानी वार्ड 67 के भानपुरा निवासी गिरीश सिंह ने 'भास्कर समाधान' पर शिकायत पोस्ट की है। उन्होंने बताया कि एलबीएम हाई स्कूल के पास लंबे समय से न नाले की सफाई हो रही है और न ही सड़क की। गंदगी के कारण स्थानीय लोग परेशान हैं और बच्चों को स्कूल आने-जाने में दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। राजीव नगर: चार महीने से बंद स्ट्रीट लाइट, अंधेरे में रहने को मजबूर लोग वार्ड 73 के राजीव नगर निवासी दीपक कुमार मौर्य ने 'भास्कर समाधान' पर शिकायत दर्ज कराई है। उन्होंने बताया कि क्षेत्र की स्ट्रीट लाइट पिछले चार महीनों से बंद पड़ी है। सीएम हेल्पलाइन में तीन बार शिकायत करने के बावजूद अब तक कोई कार्रवाई नहीं हुई। इससे पूरे ब्लॉक में रात के समय अंधेरा रहता है। गुलमोहर कॉलोनी: सड़क पर बना गहरा गड्ढा, राहगीर परेशान वार्ड 52 की गुलमोहर कॉलोनी निवासी ललित यादव ने 'भास्कर समाधान' पर शिकायत पोस्ट की है। उन्होंने बताया कि पिछले वर्ष नगर निगम द्वारा बनाई गई पुलिया क्षतिग्रस्त हो चुकी है। वहीं अमृत योजना के तहत खोदी गई सड़कें भी अब तक ठीक नहीं की गई हैं, जिससे लगातार दुर्घटनाएं हो रही हैं। कई शिकायतों के बावजूद अब तक कोई कार्रवाई नहीं हुई है। पब्लिक को आवाज देने का सबसे बड़ा डिजिटल प्लेटफॉर्म दैनिक भास्कर एप का 'भास्कर समाधान' देश का पहला ऐसा डिजिटल प्लेटफॉर्म है, जहां शहरवासी अपने क्षेत्र की सिविक समस्याएं सीधे पोस्ट कर सकते हैं। यह मंच आमजन और प्रशासन के बीच प्रभावी संवाद का माध्यम बन चुका है। एप को यूजर्स के लिए सरल बनाया गया है और इसमें कई नए फीचर्स जोड़े गए हैं। समस्या का समाधान होने पर यूजर्स इसकी जानकारी भी एप पर देख सकते हैं। अधिकारी भी बता सकेंगे, क्या कार्रवाई की इस प्लेटफॉर्म पर संबंधित अधिकारी भी अपनी कार्रवाई की जानकारी साझा कर सकेंगे। शिकायत सीधे संबंधित विभाग तक पहुंचेगी। अधिकारी मैप पर लोकेशन देखकर कार्रवाई कर सकेंगे और समाधान होने पर शिकायतकर्ता को एप के माध्यम से इसकी जानकारी भी दी जाएगी। आवश्यकता पड़ने पर अधिकारी शिकायतकर्ता से सीधे संपर्क भी कर सकेंगे। 'भास्कर समाधान' बदलाव की दिशा में सकारात्मक पहल 'भास्कर समाधान' का उद्देश्य शहर के हर कोने से लोगों की समस्याओं को रियल टाइम में प्रशासन तक पहुंचाना है, ताकि आमजन और प्रशासन के बीच बेहतर संवाद स्थापित हो सके। यह मंच लोगों को अपनी बात सीधे जिम्मेदारों तक पहुंचाने और जनसमस्याओं के त्वरित समाधान में प्रभावी भूमिका निभा रहा है।
बुलंदशहर में रेबीज से बुजुर्ग की मौत:DGHS ने मांगी रिपोर्ट, 6-7 को ARV, 25 को दूसरी खुराक आज
बुलंदशहर में रेबीज से एक बुजुर्ग की मौत के मामले में चिकित्सा एवं स्वास्थ्य सेवा के महानिदेशक ने मुख्य चिकित्सा अधिकारी (सीएमओ) से सोमवार को रिपोर्ट मांगी, जिसके बाद सीएमओ ने परिजनों से बातचीत के बाद सोमवार देर शाम महानिदेशक को अपनी रिपोर्ट भेज दी। इस घटना के बाद, मृतक के संपर्क में आए छह से सात लोगों को मंगलवार को एंटी-रेबीज वैक्सीन (एआरवी) लगाई जाएगी, जबकि 25 अन्य लोगों को एआरवी की दूसरी खुराक दी जाएगी। यह घटना सदर तहसील क्षेत्र के नीमखेड़ा गांव की है, जहां 68 वर्षीय राजेंद्र शर्मा की रेबीज से मौत हुई थी। परिजनों ने उनकी मौत की पुष्टि की थी। जिले में रेबीज से हुई इस मौत का संज्ञान लेते हुए चिकित्सा एवं स्वास्थ्य सेवा के महानिदेशक ने सीएमओ को पत्र लिखकर मामले की जांच करने और विस्तृत रिपोर्ट भेजने के निर्देश दिए थे। विभाग ने राजेंद्र शर्मा के परिवार से संपर्क कर पूरी जानकारी जुटाई। सीएमओ डॉ. सुनील कुमार दोहरे ने बताया कि परिजनों ने जानकारी दी कि कुत्ते के काटने के बाद राजेंद्र शर्मा को एआरवी नहीं लगाई गई थी। इलाज से संबंधित दस्तावेजों के साथ यह रिपोर्ट महानिदेशक को भेजी गई है। सीएमओ ने यह भी बताया कि अब तक परिवार के सदस्यों सहित गांव के लगभग 25 लोगों को एआरवी की पहली खुराक दी जा चुकी है। परिजनों ने छह से सात अन्य लोगों को भी एआरवी लगवाने का अनुरोध किया है, जो मृतक के सीधे संपर्क में आए थे। इन सभी छह से सात लोगों को मंगलवार को जिला चिकित्सालय में एआरवी लगाई जाएगी। इसके अतिरिक्त, जिन 25 लोगों को पहले एआरवी की पहली खुराक दी गई थी, उन्हें मंगलवार को ही दूसरी खुराक भी दी जाएगी।
अलवर में घने बादल छाए,उमस बरकरार:मानसून की रफ्तार धीमी;जिले को अच्छी बारिश का इंतजार
अलवर में मानसून की एंट्री के छठे दिन मंगलवार सुबह से आसमान पर घने बादल छाए रहे और कई इलाकों में बारिश की संभावना बनी हुई हैं। हालांकि मानसून के जिले में प्रवेश करने के बाद भी अब तक अच्छी बारिश नहीं होने से लोगों को उमस भरी गर्मी का सामना करना पड़ रहा है। पिछले दो दिनों से धूप खिलने और हवा नहीं चलने के कारण वातावरण में नमी बढ़ गई है, जिससे लोग पसीने से तरबतर नजर आ रहे हैं। शहर के साथ-साथ ग्रामीण क्षेत्रों में भी उमस ने लोगों की परेशानी बढ़ा दी है। बारिश की कमी का सबसे अधिक असर किसानों पर दिखाई दे रहा है। जिले के अधिकांश किसानों ने खरीफ फसलों की बुआई पूरी कर ली है और कई क्षेत्रों में बाजरे के पौधे भी निकलने लगे हैं। इन फसलों की अच्छी बढ़वार के लिए अब नियमित बारिश बेहद जरूरी है। जिले के कुछ इलाकों में मानसून की शुरुआती बारिश हुई, लेकिन कई क्षेत्र अब भी अच्छी बरसात का इंतजार कर रहे हैं, जिससे किसानों की चिंता बढ़ने लगी है। मौसम विभाग के अनुसार 7 से 10 जुलाई तक अलवर जिले में गरज-चमक के साथ बारिश, बिजली गिरने तथा 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की संभावना है। विभाग ने लोगों से खराब मौसम के दौरान सावधानी बरतने और बिजली गिरने की आशंका के समय खुले स्थानों व पेड़ों के नीचे खड़े नहीं होने की सलाह दी है। वहीं 11 और 12 जुलाई के लिए जिले में किसी प्रकार की मौसम चेतावनी जारी नहीं की गई है। मंगलवार को जिले का अधिकतम तापमान करीब 36 डिग्री सेल्सियस रहने का अनुमान है। यदि दिन में अच्छी बारिश होती है तो तापमान में और गिरावट दर्ज हो सकती है, जिससे लोगों को उमस और गर्मी से राहत मिलने की उम्मीद है।
बुरहानपुर जिले में मौसम का मिजाज लगातार बदल रहा है। मंगलवार सुबह से शहर सहित जिले के कई इलाकों में कभी तेज तो कभी रुक-रुककर बारिश हो रही है, जिससे मौसम में ठंडक घुल गई है। सुबह 9 बजे तक भी रिमझिम बारिश का दौर जारी रहा। खास बात यह है कि तेज बारिश होने के बाद मौसम ठंडा होता है, जबकि बारिश रुकने पर तापमान में उतार-चढ़ाव देखने को मिल रहा है। पिछले सात दिनों के भीतर यही स्थिति बनी हुई है। 1 जुलाई को अधिकतम तापमान 32 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम 25 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया था, जो अगले ही दिन बढ़कर 34 डिग्री सेल्सियस पर पहुंच गया। इसी तरह, 5 जुलाई को अधिकतम तापमान 28 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम 24 डिग्री सेल्सियस था, जबकि 6 जुलाई को यह अधिकतम 30 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम 26 डिग्री सेल्सियस रहा। मौसम विभाग ने एक दिन पहले ही जिले में बारिश की चेतावनी जारी की थी। मंगलवार सुबह 6:30 बजे से ही मौसम में बदलाव आया और बारिश शुरू हो गई। जिले में अब तक कुल 227.55 मिलीमीटर बारिश दर्ज की जा चुकी है।
NEET पेपर लीक सहित 23 सूत्रीय मांगों को लेकर इंदौर के टंट्याभील चौराहे पर छात्रों और विभिन्न संगठनों का धरना-प्रदर्शन सोमवार को लगातार सातवें दिन भी जारी रहा। प्रदर्शनकारी बारिश के बीच भी डटे हुए हैं और उन्होंने धरनास्थल पर टेंट लगाकर आंदोलन जारी रखा है। रोजाना नारेबाजी, कैंडल मार्च, हवन और क्रांतिकारी गीतों के माध्यम से अपनी मांगों को सरकार और प्रशासन तक पहुंचाने का प्रयास किया जा रहा है। जयस छात्र संगठन के इंदौर जिलाध्यक्ष पवन अहिरवार ने बताया कि देशभर में सामने आए NEET पेपर लीक मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए। साथ ही नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) को भंग करने और केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग भी आंदोलन का हिस्सा है। उन्होंने बताया कि धरने में प्रदेश के छात्रों से जुड़े मुद्दों को भी शामिल किया गया है। प्रदर्शनकारी छात्रों की छात्रवृत्ति समय पर जारी करने, छात्रावास की सुविधा उपलब्ध कराने समेत कुल 23 मांगों को लेकर आंदोलन कर रहे हैं। आंदोलन तेज करने की चेतावनी पवन अहिरवार ने कहा कि यदि मांगों पर जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो आंदोलन को और व्यापक किया जाएगा। उन्होंने कहा कि सभी मांगें प्रशासन के समक्ष रखी जा चुकी हैं, लेकिन अब तक कोई ठोस पहल नहीं हुई है। आंदोलन के दौरान दिवंगत छात्रों की स्मृति में कैंडल मार्च निकाला गया है, हवन किया गया है और थाली बजाकर भी प्रशासन का ध्यान आकर्षित करने का प्रयास किया गया। दोषियों पर कार्रवाई की मांग प्रदर्शनकारियों का कहना है कि NEET पेपर लीक मामले के दोषियों को कड़ी सजा मिलनी चाहिए। साथ ही देशभर में लगातार सामने आ रहे पेपर लीक मामलों पर प्रभावी रोक लगाने तथा मध्यप्रदेश में शिक्षा व्यवस्था में व्याप्त भ्रष्टाचार पर अंकुश लगाने की मांग की गई है। प्रदर्शनकारियों ने चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगें पूरी नहीं हुईं तो अनिश्चितकालीन धरने के साथ विरोध प्रदर्शन भी तेज किया जाएगा, जिसकी जिम्मेदारी प्रशासन की होगी।
चंदौली में जिले के कृषि विज्ञान केंद्र (केवीके) ने बागवानी को बढ़ावा देने के लिए किसानों को उन्नत प्रजाति के फलदार पौधे उपलब्ध कराने की योजना शुरू की है। इसके लिए इच्छुक किसानों को पहले केवीके में पंजीकरण कराना होगा। कृषि वैज्ञानिकों का कहना है कि प्रमाणित पौधों के उपयोग से किसानों की लागत कम होगी और उत्पादन के साथ आय में भी वृद्धि होगी। केवीके परिसर की नर्सरी में कृषि वैज्ञानिकों की देखरेख में आम, अमरूद, कटहल, नींबू, आंवला, बेल, अनार, जामुन, किन्नू, लीची, ड्रैगन फ्रूट, वाटर एप्पल और एप्पल बेर सहित कई फलदार पौधों की उन्नत किस्में तैयार की गई हैं। किसानों को ये पौधे नाममात्र शुल्क पर उपलब्ध कराए जाएंगे, जो बाजार कीमत से काफी कम है। अमरूद और आम की कई उन्नत किस्में तैयार नर्सरी में अमरूद की ललित, श्वेता, इलाहाबाद सफेदा, हिसार सफेदा, सरदार, लखनऊ-49, धवल और ताइवान पिंक किस्में उपलब्ध हैं। वहीं आम की दशहरी, लंगड़ा, चौसा, आम्रपाली, मल्लिका, अंबिका, अरुणिका, पूसा अरुणिमा और पूसा लालिमा जैसी उन्नत प्रजातियों के कलमी पौधे भी तैयार हैं। पौधों की तय की गई कीमतें केवीके ने विभिन्न पौधों की कीमतें भी निर्धारित की हैं। आम के कलमी पौधे 100 से 175 रुपये, अमरूद 30 से 70 रुपये, आंवला और बेल 90 रुपये, नींबू 60 रुपये, अनार और जामुन 50 रुपये, किन्नू 100 रुपये, लीची 60 रुपये, ड्रैगन फ्रूट 50 रुपये तथा कटहल 100 रुपये प्रति पौधा उपलब्ध कराया जाएगा। वैज्ञानिक विधि से बागवानी अपनाने की अपील कृषि विज्ञान केंद्र के प्रभारी एवं कृषि वैज्ञानिक नरेंद्र रघुवंशी ने किसानों से प्रमाणित एवं गुणवत्तायुक्त पौधों का उपयोग कर वैज्ञानिक तरीके से बागवानी अपनाने की अपील की है। उन्होंने कहा कि उन्नत किस्मों के फलदार पौधों से उत्पादन बेहतर होगा और किसानों की आय में उल्लेखनीय वृद्धि होगी।
मेरठ के दादरी में सकौती फ्लाईओवर पर एक दर्दनाक और भीषण सड़क हादसा सामने आया है, जहां मंगलवार सुबह 7बजे एक अनियंत्रित कार के फ्लाईओवर से नीचे खाई में गिरने के कारण तीन लोगों की मौत हो गई, जबकि एक व्यक्ति गंभीर रूप से घायल है। मौके पर पहुची पुलिस ने घायल को इलाज के लिए और तीनों शवों को पंचनामा भरकर पोस्टमार्टम के लिए मेडिकल कॉलेज भेज दिया है। मामले की आगे की जांच जारी है। देखिए घटना से जुड़ी तीन तस्वीरें… दुर्घटना उस समय हुई जब मुजफ्फरनगर से मेरठ की ओर जा रही एक तेज रफ्तार कार का अचानक टायर फट गया। टायर फटने से चालक कार पर से नियंत्रण खो बैठा और गाड़ी डिवाइडर को तोड़ते हुए फ्लाईओवर से करीब 50 मीटर गहरी खाई में जा गिरी। एक की हालत गंभीर रुप से घायल हादसे के वक्त कार में कुल चार लोग सवार थे। दुर्घटना की भयावहता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि दो लोगों ने मौके पर ही दम तोड़ दिया। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस और स्थानीय लोग मौके पर पहुंचे और तत्काल अन्य दो घायलों को मोदीपुरम के फ्यूचर प्लस अस्पताल में भर्ती कराया। हालांकि, इलाज के दौरान वहां एक और घायल ने दम तोड़ दिया। चौथे घायल की हालत बेहद नाजुक बनी हुई है और डॉक्टर उसे बचाने का प्रयास कर रहे हैं। शिनाख्त के प्रयास में जुटी पुलिस सकोटी चौकी इंचार्ज प्रताप सिंह तोमर ने मामले की जानकारी देते हुए बताया कि मृतकों और घायलों की पहचान अभी तक नहीं हो पाई है। पुलिस को कार से कुछ दस्तावेज बरामद हुए हैं, जिनके आधार पर उनके परिजनों से संपर्क करने और शिनाख्त करने की कोशिश की जा रही है। पुलिस कर रही मामले की जांच पुलिस ने तीनों शवों को पंचनामा भरकर पोस्टमार्टम के लिए मेडिकल कॉलेज भेज दिया है। वहीं, क्रेन की मदद से खाई में गिरे कार के मलबे को बाहर निकालकर थाने भिजवा दिया गया है और मामले की आगे की जांच जारी है।
बुलंदशहर में साइबर सेल और स्थानीय पुलिस ने एक बड़े साइबर वित्तीय धोखाधड़ी नेटवर्क का भंडाफोड़ किया है। यह गिरोह तीन बैंक खातों के माध्यम से देशभर में ठगी कर रहा था। पुलिस ने सोमवार शाम 6 बजे इस नेटवर्क का पर्दाफाश किया। जांच में पता चला है कि धोखाधड़ी के लिए सेंट्रल बैंक, यूको बैंक और इंडियन बैंक में तीन खाते खोले गए थे। चौंकाने वाली बात यह है कि ये तीनों खाते धमैड़ा अड्डा नयागांव निवासी कुमरपाल के नाम पर हैं। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि इन खातों के जरिए देश के कई राज्यों में लोगों को ठगा जा रहा था। इन खातों में बड़े पैमाने पर संदिग्ध लेनदेन पाए गए हैं, जिनके तार कई राज्यों से जुड़े हैं। मामले की गंभीरता को देखते हुए बुलंदशहर के साइबर क्राइम थाने में संबंधित धाराओं के तहत प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है। पुलिस अब इन खातों के बैंकिंग स्टेटमेंट और लेनदेन के इतिहास की गहनता से जांच कर रही है, ताकि ठगी की कुल राशि और इस सिंडिकेट के अन्य सदस्यों का पता लगाया जा सके। बुलंदशहर के एसपी क्राइम नरेश कुमार ने बताया, मामले की रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है और पुलिस की टीमें गहनता से जांच कर रही हैं। इस नेटवर्क में शामिल अन्य आरोपियों को जल्द ही गिरफ्तार कर कार्रवाई की जाएगी। पुलिस सूत्रों के अनुसार, यह केवल एक स्थानीय धोखाधड़ी का मामला नहीं है, बल्कि एक संगठित साइबर अपराध का हिस्सा है। ठग ग्रामीण या सीधे-साधे लोगों के नाम पर 'म्यूल अकाउंट' खुलवाते थे और फिर देशभर से ठगी गई रकम को इन खातों में स्थानांतरित करते थे। पुलिस अब इस गिरोह के मुख्य सरगना की तलाश में जुट गई है।
18 जुलाई को भदोही में लगेगी विशेष लोक अदालत:चेक बाउंस के मामलों का होगा आपसी समझौते से निस्तारण
भदोही में राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण, नई दिल्ली एवं उत्तर प्रदेश राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, लखनऊ के निर्देशों के अनुपालन में 18 जुलाई को जनपद न्यायालय परिसर, भदोही में विशेष लोक अदालत का आयोजन किया जाएगा। इस अदालत का मुख्य उद्देश्य परक्राम्य लिखत अधिनियम, 1881 (एन.आई. एक्ट) की धारा 138 से संबंधित लंबित वादों का आपसी सुलह-समझौते के आधार पर निस्तारण करना है। विशेष लोक अदालत की तैयारियों की समीक्षा के लिए 04 जुलाई 2026 को बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता माननीय जनपद न्यायाधीश एवं जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, भदोही के अध्यक्ष श्री अखिलेश दुबे ने की। उन्होंने संबंधित न्यायालयों एवं अधिकारियों को निर्देश दिए कि एन.आई. एक्ट की धारा 138 से संबंधित अधिक से अधिक मामलों की पहचान कर उन्हें विशेष लोक अदालत में प्रस्तुत किया जाए, ताकि अधिकतम मामलों का आपसी समझौते के आधार पर निस्तारण सुनिश्चित हो सके। वादकारियों और अधिवक्ताओं से लोक अदालत का लाभ उठाने की अपील जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, भदोही के पूर्णकालिक सचिव श्री आशीष कुमार सिंह ने जनपद के सभी वादकारियों और अधिवक्ताओं से अपील की है कि जिन लोगों के चेक अनादरण (चेक बाउंस) से संबंधित वाद न्यायालयों में लंबित हैं, वे 18 जुलाई को आयोजित विशेष लोक अदालत का अधिकतम लाभ उठाएं। उन्होंने कहा कि पक्षकार आपसी सहमति और समझौते के माध्यम से अपने मामलों का निस्तारण करा सकते हैं। समय, धन और श्रम की बचत का प्रभावी माध्यम है लोक अदालत श्री सिंह ने बताया कि लोक अदालत विवादों के सौहार्दपूर्ण, त्वरित और सरल निस्तारण का प्रभावी माध्यम है। इससे पक्षकारों के समय, धन और श्रम की बचत होती है। साथ ही न्यायालयों में लंबित मामलों का शीघ्र निस्तारण संभव होता है तथा आपसी सौहार्द और विश्वास भी बना रहता है। अधिक से अधिक पक्षकारों से भागीदारी की अपील जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, भदोही ने सभी संबंधित पक्षकारों से विशेष लोक अदालत में उपस्थित होकर अपने वादों का आपसी समझौते के आधार पर निस्तारण कराने का आग्रह किया है। प्राधिकरण ने कहा कि यह वैकल्पिक विवाद निस्तारण व्यवस्था का अधिकतम लाभ उठाने का महत्वपूर्ण अवसर है।
ग्वालियर के जनकगंज थाना क्षेत्र के लक्ष्मीगंज इलाके में रविवार सुबह एक ओवरलोड ई-रिक्शा की टक्कर से पुलिस लाइन में पदस्थ एक आरक्षक गंभीर रूप से घायल हो गया। हादसे के बाद ई-रिक्शा चालक वाहन सहित मौके से फरार हो गया। पुलिस ने आरक्षक की शिकायत पर मामला दर्ज कर आरोपी की तलाश शुरू कर दी है। पुलिस के अनुसार पुलिस लाइन ग्वालियर में पदस्थ आरक्षक अशोक कुमार राठौर रविवार सुबह प्रभात गश्त के तहत गोल पहाड़िया पॉइंट पर ड्यूटी के लिए मोटरसाइकिल से जा रहे थे। सुबह करीब साढ़े छह बजे जब वह लक्ष्मीगंज धर्मकांटा के पास पहुंचे, तभी सामने से आ रहे सब्जियों से लदे ओवरलोड ई-रिक्शा (एमपी 07 जेडटी 4617) ने उनकी बाइक को टक्कर मार दी। ई-रिक्शा और बाइक में फंस गया पैर प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार टक्कर लगते ही आरक्षक अशोक कुमार सड़क पर गिर पड़े और उनका दाहिना पैर ई-रिक्शा तथा बाइक के बीच फंस गया, जिससे पैर में फ्रैक्चर हो गया। हादसे में उनके कंधे, कलाई और सिर में भी गंभीर चोटें आई हैं। उनकी सरकारी मोटरसाइकिल भी क्षतिग्रस्त हो गई। घटना के समय वहां से गुजर रहे साथी आरक्षक सुनील शर्मा ने घायल जवान को सड़क पर पड़े देखा और तत्काल जनकगंज थाना पुलिस तथा एम्बुलेंस को सूचना दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने घायल आरक्षक को निजी अस्पताल में भर्ती कराया, जहां उनका उपचार जारी है। चिकित्सकों के अनुसार उन्हें गंभीर चोटें आई हैं और सर्जरी की जाएगी। ई-रिक्शा चालक के खिलाफ प्रकरण दर्ज जनकगंज थाना पुलिस ने घायल आरक्षक की शिकायत पर ई-रिक्शा चालक के खिलाफ लापरवाहीपूर्वक वाहन चलाने और गंभीर चोट पहुंचाने के आरोप में प्रकरण दर्ज कर लिया है। पुलिस वाहन नंबर के आधार पर आरटीओ रिकॉर्ड खंगाल रही है और चालक की तलाश की जा रही है। अधिकारियों का कहना है कि आरोपी को जल्द गिरफ्तार कर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
रिश्वत मामले में गिरफ्तार पंजाब के निलंबित डीआईजी हरचरण सिंह भुल्लर और उनके बिचौलिए कृष्णु शारदा की ओर से दायर डिस्चार्ज अर्जी पर मंगलवार को चंडीगढ़ सीबीआई की विशेष अदालत फैसला सुनाएगी। दोनों आरोपियों को सीबीआई ने पिछले साल 16 अक्टूबर को गिरफ्तार किया था और वे तब से न्यायिक हिरासत में हैं। भुल्लर की ओर से दायर डिस्चार्ज अर्जी में कहा गया है कि वह पंजाब सरकार के अधिकारी हैं, इसलिए उनके खिलाफ एफआईआर दर्ज करने का अधिकार सीबीआई के पास नहीं था। अर्जी में दावा किया गया है कि सीबीआई ने अपने अधिकार क्षेत्र से बाहर जाकर कार्रवाई की और उन्हें गिरफ्तार किया। एजेंसी ने कानून के दायरे में रहकर कार्रवाई की बचाव पक्ष ने यह भी तर्क दिया कि राज्य कैडर के आईपीएस अधिकारियों पर कार्रवाई से जुड़े मद्रास हाईकोर्ट के एक फैसले का लाभ इस मामले में भी मिलना चाहिए। इसी आधार पर अदालत से उन्हें आरोपों से मुक्त करने की मांग की गई है। वहीं, सीबीआई के सरकारी वकील ने इस अर्जी का विरोध करते हुए कहा कि एजेंसी ने कानून के दायरे में रहकर कार्रवाई की है। 8 लाख रुपए रिश्वत मांगने का आरोप यह मामला पिछले साल उस समय सामने आया था, जब मंडी गोबिंदगढ़ के व्यापारी आकाश बत्ता की शिकायत पर सीबीआई ने कार्रवाई की थी। शिकायत में आरोप लगाया गया था कि एक आपराधिक मामले में गिरफ्तारी का डर दिखाकर उनसे 8 लाख रुपए रिश्वत मांगी गई थी। इसी शिकायत के आधार पर सीबीआई ने हरचरण सिंह भुल्लर और कृष्णु शारदा को गिरफ्तार किया था। गिरफ्तारी के बाद सीबीआई ने भुल्लर के सेक्टर-40 स्थित आवास पर छापेमारी की थी। जांच के दौरान वहां से करीब 7.5 करोड़ रुपए नकद, लगभग ढाई किलो सोना और कई महंगी घड़ियां बरामद हुई थीं। इसके बाद सीबीआई ने उनके खिलाफ आय से अधिक संपत्ति का मामला भी दर्ज किया। वहीं, प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने भी इस मामले में मनी लॉन्ड्रिंग के एंगल से जांच शुरू कर रखी है।
रायसेन जिले में मानसून की दस्तक के बावजूद बारिश की कमी बनी हुई है। जुलाई का पहला सप्ताह बीत जाने के बाद भी जिले में अपेक्षित बारिश दर्ज नहीं की गई है। सोमवार रात को लगभग एक घंटे तक हल्की बारिश हुई, लेकिन इससे गर्मी और उमस से खास राहत नहीं मिली। मौसम विभाग लगातार जिले में भारी बारिश के अलर्ट जारी कर रहा है, लेकिन इसका असर अब तक दिखाई नहीं दिया है। आसमान में कई दिनों से बादल छाए हुए हैं और गरज-चमक भी हो रही है, पर पर्याप्त बारिश नहीं हो रही। फसलों की बुवाई बुरी तरह प्रभावितबारिश में देरी के कारण खरीफ फसलों की बुवाई बुरी तरह प्रभावित हो रही है। कई किसानों को पर्याप्त नमी न मिलने के कारण दूसरी बार बुवाई करनी पड़ रही है। इस वर्ष मानसून भी लगभग 10 दिन की देरी से पहुंचा है, जबकि मध्य प्रदेश के अन्य जिलों में अच्छी बारिश हो रही है। भू-अभिलेख विभाग के आंकड़ों के अनुसार, 1 जून से 6 जुलाई 2026 तक जिले में औसतन 186.7 मिमी 7.35 इंच) वर्षा दर्ज की गई है। पिछले वर्ष (2025) में इसी अवधि में 331.7 मिमी (लगभग 13.06 इंच) वर्षा हुई थी। इस प्रकार, पिछले साल की तुलना में इस बार लगभग आधी बारिश हुई है। उमस और गर्मी का असर बरकरार24 घंटों में जिले में औसतन 11.8 मिमी (लगभग 0.46 इंच) वर्षा दर्ज की गई। इस दौरान गैरतगंज में 34 मिमी (1.34 इंच), बेगमगंज में 23.2 मिमी (0.91 इंच), सिलवानी में 9 मिमी (0.35 इंच), उदयपुरा में 3 मिमी (0.12 इंच), बाड़ी में 12 मिमी (0.47 इंच), सुल्तानपुर में 36.4 मिमी (1.43 इंच) और देवरी में 0.2 मिमी (0.01 इंच) बारिश हुई। हालांकि, रायसेन, गौहरगंज और बरेली में कोई बारिश दर्ज नहीं की गई। बारिश की कमी के कारण जिले में उमस और गर्मी का असर बना हुआ है। किसान अब अच्छी बारिश का बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं, ताकि खरीफ फसलों की बुवाई और अन्य कृषि कार्य गति पकड़ सकें।
फतेहाबाद जिले के टोहाना में दक्षिण हरियाणा बिजली वितरण निगम (DHBVN) के एक्सईएन कार्यालय में घुसकर हंगामा व हाथापाई करने वालों पर सिटी थाना पुलिस ने केस दर्ज कर लिया है। गांव गाजूवाला निवासी किसान देवेंद्र के खिलाफ केस दर्ज किया गया है। उस पर कई धाराएं लगाई गई हैं। आरोपी देवेंद्र के खिलाफ द प्रीवेंशन ऑफ करप्शन एक्ट की धारा 8, बीएनएस की धारा 121(1), 126, 132, 221, 332(ए), 351(2), 61 के तहत केस दर्ज हुआ है। उस पर कार्यालय में घुसकर सरकारी काम में बाधा पहुंचाने, हाथापाई-मारपीट करने, षडयंत्र रचकर रिश्वत के झूठे केस में फंसाने की कोशिश, जान से मारने की कोशिश करने, जान से मारने की धमकियां देने के आरोप लगे हैं। एक्सईएन ने अपनी शिकायत में यह कहा किसान संगठनों की मदद लेंगे-अजय वहीं, इस संबंध में आरोपी देवेंद्र सिंह के बेटे अजय कुमार का कहना है कि उन्हें मीडिया के माध्यम से ही एफआईआर दर्ज होने की बात पता चली है। इस मामले में किसान संगठनों का सहयोग लेकर आगामी रणनीति बनाई जाएगी। एक्सईएन के खिलाफ हमारे पास भी पर्याप्त सुबूत हैं। उच्चाधिकारियों के सामने पेश होकर इसके बारे में बताएंगे। हम दो साल से चक्कर काट रहे हैं।
सतना में 12 घंटे से लगातार बारिश हो रही:उमस से राहत मिली; रीवा संभाग में भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट
सतना जिले में मानसून पूरी तरह सक्रिय हो गया है। सोमवार देर शाम से शुरू हुई बारिश मंगलवार को भी जारी रही, जिससे मौसम में ठंडक घुल गई है। मौसम विभाग ने सतना समेत पूरे रीवा संभाग में भारी बारिश के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। मौसम विभाग के अनुसार, यह ऑरेंज अलर्ट अगले 24 घंटे तक प्रभावी रहेगा। इस दौरान कई स्थानों पर तेज बारिश और गरज-चमक के साथ 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की संभावना है। मध्यप्रदेश के राहत आपदा आयुक्त ने भी जिला प्रशासन को पूर्वी मध्य प्रदेश के जिलों में भारी बारिश के प्रति आगाह किया है। सोमवार शाम 5:30 बजे तक जिला मुख्यालय में आधा इंच से भी कम बारिश दर्ज की गई। दिनभर बादलों के छाए रहने से अधिकतम तापमान में 2.7 डिग्री सेल्सियस की गिरावट आई और यह 34.1 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। न्यूनतम तापमान भी 1.2 डिग्री सेल्सियस गिरकर 26.7 डिग्री सेल्सियस रहा। मौसम वैज्ञानिकों ने बताया कि बंगाल की खाड़ी में बना कम दबाव का क्षेत्र और मानसूनी ट्रफ लाइन बंगाल की खाड़ी से पूर्वी मध्य प्रदेश होते हुए राजस्थान तक फैली हुई है। कम दबाव का यह क्षेत्र वर्तमान में झारखंड के पास बना हुआ है और तेजी से पूर्वी मध्य प्रदेश की ओर बढ़ रहा है। इसी मौसमी सिस्टम के प्रभाव से सतना सहित रीवा संभाग में मंगलवार को भारी बारिश की चेतावनी जारी की गई है।
कांग्रेस की छात्र इकाई NSUI ने संगठनात्मक चुनाव कराने की आधिकारिक घोषणा कर दी है। चुनाव दो चरणों में होंगे। पहले चरण में प्रदेश के सभी सरकारी, निजी और अन्य कॉलेजों, यूनिवर्सिटी में कैंपस अध्यक्ष का चुनाव कराया जाएगा। इसके बाद दूसरे चरण में जिला और प्रदेश स्तर के संगठनात्मक चुनाव होंगे। पहले चरण में छात्र-छात्राएं केवल कैंपस अध्यक्ष पद के लिए मतदान करेंगे। इसी चुनाव के परिणाम के आधार पर संबंधित कॉलेज या यूनिवर्सिटी की 11 सदस्यीय कार्यकारिणी का गठन किया जाएगा। कार्यकारिणी में अलग-अलग पदों पर नियुक्तियां संगठन की निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार की जाएंगी। दूसरे चरण में केवल वही उम्मीदवार चुनाव लड़ सकेंगे, जो अपने-अपने कॉलेज या यूनिवर्सिटी में कैंपस अध्यक्ष निर्वाचित होंगे। जिला और प्रदेश स्तर के चुनाव में मतदान का अधिकार भी केवल इन्हीं निर्वाचित कैंपस अध्यक्षों को मिलेगा। यानी संगठन की नई नेतृत्व टीम सीधे कैंपस स्तर से चुनकर आगे आएगी। 16 से 27 वर्ष आयु सीमा, 45 रुपए सदस्यता शुल्क NSUI ने स्पष्ट किया है कि यूथ कांग्रेस की तरह कैंपस के बाहर सदस्यता अभियान नहीं चलाया जाएगा। संगठन की सदस्यता केवल मान्यता प्राप्त शैक्षणिक संस्थानों के माध्यम से ही दी जाएगी। चुनाव लड़ने वाले उम्मीदवार की आयु 16 से 27 वर्ष के बीच होना अनिवार्य है। सदस्यता शुल्क तीन वर्ष के लिए 45 रुपए निर्धारित किया गया है। स्क्रूटनी और इंटरव्यू के बाद होगा अंतिम चयन संगठन ने बताया कि चुनावी प्रक्रिया पूरी होने के बाद निर्वाचित प्रतिनिधियों की स्क्रूटनी (दस्तावेजों और पात्रता की जांच) की जाएगी। इसके बाद उम्मीदवारों का इंटरव्यू लिया जाएगा। इस पूरी प्रक्रिया के आधार पर जिला और प्रदेश स्तर के पदाधिकारियों का अंतिम चयन किया जाएगा, ताकि संगठन में योग्य और सक्रिय कार्यकर्ताओं को जिम्मेदारी मिल सके। कैंपस से तैयार होगी नई नेतृत्व टीम नई चुनाव प्रणाली का उद्देश्य छात्र राजनीति को फिर से कैंपस केंद्रित बनाना है। संगठन का मानना है कि कॉलेज और यूनिवर्सिटी स्तर पर सक्रिय छात्र नेताओं को मौका मिलने से नई नेतृत्व टीम तैयार होगी। कैंपस से चुने गए प्रतिनिधियों को संगठनात्मक प्रशिक्षण, वैचारिक मार्गदर्शन और नेतृत्व विकास का अवसर मिलेगा, जिससे वे भविष्य में जिला, प्रदेश और राष्ट्रीय स्तर पर संगठन की जिम्मेदारियां संभाल सकें। ………………… इससे जुड़ी यह खबर भी पढ़िए… विवादों के बीच बदले गए छत्तीसगढ़ यूथ कांग्रेस प्रभारी: अमित पठानिया हटाए गए, डॉ. स्मृति रंजन लेंका को मिली जिम्मेदारी छत्तीसगढ़ यूथ कांग्रेस के चुनाव के बीच संगठन में बड़ा बदलाव हुआ है। यूथ कांग्रेस के प्रदेश प्रभारी अमित पठानिया को हटाकर उनकी जगह डॉ. स्मृति रंजन लेंका को जिम्मेदारी सौंप दी गई है। हालांकि कांग्रेस की ओर से इसे लेकर अभी तक कोई आधिकारिक घोषणा नहीं की गई है, लेकिन 26 जून को जारी स्टार परफॉर्मर की सूची डॉ. स्मृति रंजन लेंका के हस्ताक्षर से जारी होने के बाद बदलाव की पुष्टि मानी जा रही है। पढ़ें पूरी खबर…
बीकानेर की गजनेर थाना पुलिस ने डीसी केबल चोरी के मामले में एक और आरोपी को गिरफ्तार कर चोरी का खुलासा किया है। पुलिस ने आरोपी के कब्जे से करीब 10 किलोग्राम डीसी केबल भी बरामद की है। गिरफ्तार आरोपी को न्यायालय में पेश कर न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया गया है। इससे पहले भी दो आरोपियों को गिरफ्तार करके जेल भेजा जा चुका है। पुलिस के अनुसार 28 मई 2026 को कोलायत क्षेत्र के आदर्श कॉलोनी निवासी भागीरथ सिंह ने गजनेर थाना क्षेत्र के मोडिया मानसार से डीसी केबल चोरी होने की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। मामले में एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू की गई। जिला पुलिस अधीक्षक के निर्देशन में गठित टीम ने सीसीटीवी फुटेज, कॉल डिटेल रिकॉर्ड और अन्य तकनीकी साक्ष्यों का विश्लेषण किया। जांच के दौरान पुलिस ने कोडमदेसर निवासी 21 वर्षीय आशु राम ओड को गिरफ्तार कर उसके कब्जे से चोरी की 10 किलो डीसी केबल बरामद कर ली। आरोपी को न्यायालय में पेश करने के बाद न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया गया। पुलिस ने बताया कि इसी मामले में कोजू राम उर्फ सुमेराराम और किशोर को पहले ही गिरफ्तार कर न्यायिक अभिरक्षा में भेजा जा चुका है। मामले की जांच अभी भी जारी है और चोरी में शामिल अन्य पहलुओं की पड़ताल की जा रही है।
प्रयागराज के मऊआइमा थाना क्षेत्र में मंगलवार सुबह हड़कंप मच गया। पिलखुवा गांव में एक युवक हाईटेंशन बिजली लाइन के खंभे पर चढ़ गया। सुबह करीब 7 बजे हुई इस घटना के बाद सैकड़ों ग्रामीण मौके पर जमा हो गए और पुलिस को सूचना दी गई। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, सुबह टहलने निकले ग्रामीणों ने सबसे पहले युवक को बिजली के खंभे पर बैठे देखा। यह खबर तेजी से फैली और देखते ही देखते मौके पर भारी भीड़ जमा हो गई। ग्रामीणों ने तत्काल मऊआइमा पुलिस को सूचित किया, जिसके बाद पुलिस टीम घटनास्थल पर पहुंची। 2 तस्वीरें देखिए - युवक किसी से कोई बातचीत नहीं कर रहा है। वह न तो अपनी पहचान बता रहा है और न ही खंभे पर चढ़ने का कारण स्पष्ट कर रहा है। पुलिस और ग्रामीण लगातार उसे सुरक्षित नीचे उतरने के लिए समझाने का प्रयास कर रहे हैं। प्रभारी निरीक्षक राममूर्ति यादव ने बताया कि युवक अभी कुछ भी बोलने को तैयार नहीं है। उन्होंने कहा कि युवक के नीचे आने और अपनी बात बताने के बाद ही उसकी समस्या का समाधान किया जाएगा। पुलिस के लिए सबसे बड़ी चुनौती युवक को सुरक्षित नीचे उतारना है, क्योंकि खंभे से हाईटेंशन लाइन गुजर रही है और किसी भी जल्दबाजी से हादसा हो सकता है। समाचार लिखे जाने तक युवक को सुरक्षित नीचे उतारने के लिए पुलिस का रेस्क्यू अभियान जारी था।
कोटपूतली-बहरोड़ क्षेत्र में सोमवार शाम को मानसून की दूसरी बारिश हुई। इससे लोगों को पिछले चार दिनों से जारी उमस भरी गर्मी से राहत मिली। यह बारिश खरीफ की फसलों के लिए भी फायदेमंद मानी जा रही है। जिले में दर्ज की गई बारिश के आंकड़ों के अनुसार, विराटनगर में सर्वाधिक 72 मिमी बारिश दर्ज की गई, जबकि बहरोड़ में सबसे कम 1 मिमी बारिश हुई। अन्य क्षेत्रों में कोटपूतली-बानसूर में 2 मिमी, नीमराना में 4 मिमी, पावटा में 25 मिमी और नारायणपुर में 8 मिमी बारिश रिकॉर्ड की गई। दोपहर बाद अचानक मौसम ने करवट ली और आसमान में घने बादल छा गए, जिसके बाद बारिश शुरू हुई। करीब एक घंटे तक हुई इस बारिश के कारण बाजारों और सड़कों पर कुछ समय के लिए आवाजाही प्रभावित हुई। कोटपूतली-बहरोड़ कृषि उपनिदेशक डॉ. रामजी लाल यादव के अनुसार, आगामी दिनों में भी हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना है। इससे क्षेत्र का तापमान सामान्य रहने की उम्मीद है।
सेक्टर 116 के एंट्री गेट पर गार्डों की ओर से पूछताछ करने पर आधा दर्जन गुंडो ने गार्डों को डंडे से मारा और दौड़ाकर पीटा। इस घटना के बाद अब गार्ड सेक्टरों की सुरक्षा करने के लिए काम पर आने से डर रहे हैं, यहां तक कि निवासियों ने भी सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल उठाए हैं। इसका एक वीडियो सोमवार रात को सामने आया। जिसे अब वायरल किया जा रहा है। सेक्टर 116 के आरडब्ल्यूए के सदस्य कोसिंदर यादव ने बताया कि सेक्टर घटना सोमवार की देर रात करीब सवा एक बजे सेक्टर के गेट नंबर पांच की है। जहां करीब तीन गार्ड सुरक्षा में तैनात थे। उन्हें आरडब्ल्यूए की ओर से देर रात सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए संदिग्धों से पूछताछ करने के लिए कहा गया था। उसी का पालन करते हुए गार्डों ने सेक्टर की तरफ से आ रही एक कार के चालक को रोककर उससे पूछताछ की। पूछताछ में ही हो गया विवादइस बीच सिर्फ पूछताछ करने पर ही कार चालक ने अपने अन्य साथियों को बुलाया, जो लाठी डंडे लेकर पहुंचे, जिसके बाद वह सभी गार्डों पर हमलावर हो गए और लाठी डंडे से दौड़ा दौड़ाकर पीटा। पूरी घटना का सीसीटीवी वीडियो भी सामने आया है, इसमें देखा गया कि किस तरह पूरी घटना में पूछताछ के चलते गुंडों ने मारपीट की है। पुलिस को दी शिकायतइस मामले के बार आरडब्ल्यूए के प्रतिनिधियों ने सेक्टर 113 थाने की पुलिस को लिखित शिकायत देते हुए दोषियों पर सख्त कार्रवाई की मांग की है। इस घटना के बाद से एक बार फिर सेक्टरवासियों की सुरक्षा पर सवाल उठ रहे हैं।
अरावली का 90% हिस्सा कानूनी संरक्षण से बाहर होगा:100 मीटर ऊंचाई की नई परिभाषा से पर्वतमाला को खतरा
झालावाड़ में अरावली विरासत जन अभियान के बैनर तले देशभर से आए पर्यावरणविदों, आदिवासी नेताओं और प्रकृति प्रेमियों ने अरावली पर्वतमाला की सुरक्षा पर गंभीर चिंता व्यक्त की। इन्होंने आरोप लगाया कि पर्यावरण मंत्रालय के दस्तावेजों में राजस्थान के झालावाड़, बारां, कोटा, बूंदी और सवाई माधोपुर सहित कई जिलों को अरावली क्षेत्र से बाहर रखा गया है। हालांकि, वन सर्वेक्षण विभाग (एफएसआई) की वर्ष 2025 की रिपोर्ट इन जिलों को अरावली क्षेत्र का हिस्सा मानती है। अभियान की दिल्ली से आईं सह-संस्थापक नीलम अहलूवालिया ने बताया कि एफएसआई की 22 सितंबर 2025 की रिपोर्ट में पांच राज्यों के 63 जिलों को अरावली क्षेत्र में शामिल किया गया था, जबकि पर्यावरण मंत्रालय के हलफनामे में केवल 37 जिलों का उल्लेख है। पर्यावरण को गंभीर क्षति पहुंचने की आशंकाअहलूवालिया ने आरोप लगाया कि यदि 100 मीटर ऊंचाई के आधार पर अरावली की नई परिभाषा लागू की जाती है, तो पर्वतमाला का 90 प्रतिशत से अधिक हिस्सा कानूनी संरक्षण से बाहर हो जाएगा। इससे बड़े पैमाने पर खनन का रास्ता खुल सकता है, जिससे पर्यावरण को गंभीर क्षति पहुंचने की आशंका है। अभियान के तहत बारां और झालावाड़ में सामाजिक कार्यकर्ताओं एवं कानूनविदों से मुलाकात कर आमजन को जागरूक किया जा रहा है। इस दौरान अभियान दल के सदस्यों का अधिवक्ताओं एवं सामाजिक क्षेत्र से जुड़े लोगों ने स्वागत किया। इस अवसर पर वरदान सिंह, एडवोकेट राजेन्द्र सिंह झाला, ओंकारेश्वर शर्मा और शशांक श्रोत्रिय सहित कई लोग मौजूद रहे।
इंदौर के विजयनगर थाना पुलिस ने फर्जी एडवाइजरी कंपनी से जुड़े अपहरण, बंधक बनाकर मारपीट और प्रताड़ना के मामले में पांच आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। आरोपियों पर पूर्व कर्मचारियों का अपहरण कर होटल में बंधक बनाकर बेरहमी से मारपीट करने, सिगरेट से दागने और जान से मारने की धमकी देने के आरोप हैं। पुलिस ने मामले में मनीष पांडे, अभिषेक कक्कड़, मोहित शर्मा (ऋषिकेश), अरुण (देवास) और अभिषेक रघुवंशी (नर्मदापुरम) के खिलाफ प्रकरण दर्ज किया था। फर्जी एडवाइजरी पर पुलिस की रेड के बाद बढ़ा विवाद पुलिस के अनुसार मुख्य आरोपी मनीष पांडे इन्फीनिक्स इन्फोटेक नाम से एडवाइजरी कंपनी संचालित करता था। कुछ समय पहले तुकोगंज पुलिस ने इस कंपनी पर छापा मारकर फर्जीवाड़े का खुलासा किया था। इसके बाद कंपनी की साख खराब हुई और कई कर्मचारियों ने नौकरी छोड़ दी। मनीष को शक था कि उसके पूर्व कर्मचारी कुंदन मीणा और सौरभ कुमार ने ही पुलिस को कंपनी की जानकारी दी थी। साथ ही उसने आरोप लगाया कि दोनों ने कंपनी के ग्राहकों की जानकारी अन्य लोगों तक पहुंचाकर उसे आर्थिक नुकसान पहुंचाया। खाना खाने निकले थे, रास्ते से उठा ले गए पीड़ित कुंदन मीणा (सीहोर) और सौरभ कुमार (धार) ने पुलिस को बताया कि वे करीब ढाई साल तक कंपनी में काम करते थे। अप्रैल 2026 में पुलिस कार्रवाई के बाद उन्होंने नौकरी छोड़ दी थी, क्योंकि कंपनी आधे वेतन पर काम कराने का दबाव बना रही थी। 27 मई की रात दोनों जंजीरवाला चौराहे पर खाना खाने निकले थे। इसी दौरान मनीष अपने साथियों के साथ टाटा हैरियर कार से वहां पहुंचा और बातचीत के बहाने दोनों को जबरन कार में बैठाकर विजयनगर स्थित होटल गैलेक्सी पार्क ले गया। होटल के कमरे में बेल्ट से पीटा, सिगरेट से दागा पीड़ितों के अनुसार उन्हें होटल के कमरा नंबर 6 और 7 में बंद कर दिया गया। वहां मनीष और उसके साथियों ने बेल्ट, लात-घूंसों से जमकर मारपीट की। इतना ही नहीं, जलती हुई सिगरेट से उनके शरीर को कई जगह दाग दिया, जिससे गंभीर चोटें आईं। आरोपियों ने दोनों के मोबाइल भी छीन लिए और अगले दिन दोपहर तक होटल में बंधक बनाकर रखा। बाद में उन्हें कंपनी के कार्यालय ले जाया गया और वहां भी धमकाया गया। परिजनों की तलाश शुरू हुई तो छोड़ा पीड़ितों ने बताया कि अगले दिन तक घर नहीं लौटने और मोबाइल बंद होने पर परिजन उनकी तलाश करने लगे। इसकी जानकारी आरोपियों को मिली तो उन्होंने शाम करीब छह बजे दोनों को धमकी देकर छोड़ दिया और किसी को घटना की जानकारी देने पर जान से मारने की चेतावनी दी। इसके बाद दोनों अपने घर पहुंचे और परिजनों को पूरी घटना बताई। 30 जून को परिजनों के साथ विजयनगर थाने पहुंचकर शिकायत दर्ज कराई गई। डेढ़ महीने तक बनाते रहे दबाव पुलिस सूत्रों के अनुसार घटना के बाद आरोपी करीब डेढ़ महीने तक पीड़ितों पर समझौते और शिकायत वापस लेने का दबाव बनाते रहे। इसके बाद पुलिस ने गोपनीय तरीके से कार्रवाई करते हुए सभी मुख्य आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। अन्य कर्मचारियों के साथ भी मारपीट का आरोप कुंदन ने पुलिस को बताया कि कंपनी के अन्य कर्मचारी जितेंद्र झारिया, राहुल कन्नोजे और शिवानी जाटव के साथ भी पहले मारपीट की जा चुकी है। डर के कारण उन्होंने पुलिस में शिकायत नहीं की। पीड़ितों के अनुसार 31 मई को मनीष ने जितेंद्र झारिया को फोन पर जान से मारने की धमकी भी दी थी। जितेंद्र ने बातचीत की रिकॉर्डिंग कर रखी थी, जिसे बाद में पुलिस को सौंप दिया गया है। पुलिस पूरे मामले में अन्य संभावित पीड़ितों और कंपनी की गतिविधियों की भी जांच कर रही है।
2 साल से फरार वांछित आरोपी गिरफ्तार:सलूम्बर पुलिस ने उदयपुर से पकड़ा, कोर्ट में पेश कर जेल भेजा
सलूम्बर जिला पुलिस ने दो साल से फरार चल रहे वांछित अपराधी हरीश मीणा को उदयपुर से गिरफ्तार किया है। हरीश मीणा सेमारी थाने में वांछित था। गिरफ्तारी के बाद उसे कोर्ट में पेश किया गया, जहां से उसे सलूम्बर जिला कारागृह भेज दिया गया। थानाधिकारी सेमारी गोपालकृष्ण परमार और जिला विशेष टीम (DST) सलूम्बर ने आरोपी के संभावित ठिकानों पर लगातार निगरानी रखी। कड़ी मशक्कत के बाद DST ने आरोपी हरीश (26) पुत्र धनराज मीणा, निवासी मासिंगपुरा (थाना बाघपुरा, जिला उदयपुर) को उदयपुर से हिरासत में लिया। इसके बाद उसे सेमारी थाना पुलिस को सौंपा गया, जिसने उसे गिरफ्तार किया। पुलिस के अनुसार, हरीश मीणा कानूनी कार्रवाई से बचने के लिए पिछले दो सालों से लगातार अपनी पहचान और ठिकाने बदल रहा था। व
पंजाब के करीब 8 लाख सरकारी कर्मचारियों और पेंशनरों के लंबे समय से लंबित महंगाई भत्ता (DA) और वेतन आयोग (पे-कमिशन) एरियर से जुड़े मामले पर आज पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट में सुनवाई होगी। यह मामला पिछले कई दिनों से सूची में शामिल था, लेकिन सुनवाई नहीं हो सकी। ऐसे में आज की सुनवाई पर कर्मचारियों और पेंशनरों की नजरें टिकी हुई हैं। हाईकोर्ट की सिंगल बेंच ने 8 अप्रैल को पंजाब सरकार को 30 जून तक लंबित डीए का भुगतान करने का निर्देश दिया था। इस आदेश को सरकार ने डिवीजन बेंच में चुनौती दी। डिवीजन बेंच ने सिंगल बेंच के फैसले पर रोक नहीं लगाई, लेकिन सरकार से सीलबंद लिफाफे में भुगतान की योजना पेश करने को कहा था। अब सुनवाई में अदालत यह देखेगी कि सरकार ने बकाया डीए के भुगतान के लिए क्या रोडमैप तैयार किया है। यह भी स्पष्ट होगा कि सरकार किस्तों में भुगतान का प्रस्ताव रखती है या वित्तीय स्थिति का हवाला देकर और समय की मांग करती है। केंद्र से 18% पीछे पंजाब के कर्मचारी फिलहाल पंजाब के कर्मचारियों को 42 प्रतिशत महंगाई भत्ता मिल रहा है, जबकि केंद्र सरकार के कर्मचारियों की तुलना में 18 प्रतिशत डीए अभी भी लंबित है। कर्मचारी संगठन लंबे समय से इस अंतर को समाप्त करने और बकाया राशि जारी करने की मांग कर रहे हैं। कर्मचारी संगठनों की ओर से पेश वकीलों ने सुप्रीम कोर्ट के उस फैसले का हवाला दिया है, जिसमें कहा गया था कि महंगाई भत्ता कोई बोनस या अनुग्रह राशि नहीं, बल्कि कर्मचारियों के वेतन का हिस्सा है। इसी आधार पर कर्मचारी बकाया डीए के भुगतान की मांग कर रहे हैं। कर्मचारी संगठन हो रहे लामबंद कर्मचारी संगठनों ने पहले ही सरकार को चेतावनी दी है कि यदि हाईकोर्ट से राहत नहीं मिलती और भुगतान को लेकर स्पष्ट फैसला नहीं आता, तो 17 जुलाई को पंजाब में महारैली और महाबंद का ऐलान किया जा सकता है। कर्मचारी नेताओं का कहना है कि यदि कर्मचारियों और पेंशनरों के परिवारों को जोड़ दिया जाए तो यह संख्या करीब 40 लाख लोगों तक पहुंचती है। ऐसे में इस मुद्दे का राजनीतिक असर भी आगामी समय में देखने को मिल सकता है।
उदयपुर में 16 जुलाई को निकलने वाली भगवान जगन्नाथ स्वामी की रथयात्रा की तैयारियां अंतिम चरण में है। जगदीश मंदिर से शाही अंदाज में भगवान जगन्नाथ की देश की तीसरी सबसे बड़ी रथयात्रा निकाली जाएगी, जो दोपहर 3 बजे शुरू होगी। रथयात्रा को लेकर शहरवासियों और श्रद्धालुओं में उत्साह है। रथयात्रा मार्ग पर सुरक्षा से लेकर स्वागत तक के सभी पुख्ता इंतजाम किए गए है। चांदी के रथ में सवार होंगे भगवान इस बार की भी रथयात्रा में भगवान जगन्नाथ स्वामी चांदी के रजत रथ पर माता लक्ष्मी और दानीराय जी के साथ विराजित होकर नगर भ्रमण पर निकलेंगे। भगवान के स्वागत के लिए पूरे रथयात्रा मार्ग और श्रद्धालुओं के घरों की छतों पर 11 हजार ध्वजा-पताकाएं (झंडे) लगाई जाएंगी। रथयात्रा में भगवान श्रीकृष्ण की लीलाओं पर आधारित आकर्षक झांकियां सजाई जाएंगी। इसके साथ ही पांच अलग-अलग बैंड की मधुर धुनें, भजन मंडलियां, ऊंट-घोड़े और शाही लवाजमा इस यात्रा की शोभा बढ़ाएंगे। यात्रा में बड़ी संख्या में महिलाएं सिर पर कलश धारण कर मंगलगीत गाते हुए शामिल होंगी, जबकि श्रद्धालु भक्त संगीत और जयघोष के बीच नृत्य करते हुए नजर आएंगे। 10 हजार श्रद्धालुओं के लिए महाप्रसादी का इंतजाम रथयात्रा में शामिल होने वाले भक्तों के लिए बड़े पैमाने पर भोजन और प्रसादी की व्यवस्था की गई है। आसींद की हवेली पार्किंग में जगन्नाथ अन्न क्षेत्र मानव समिति की तरफ से करीब 10 हजार श्रद्धालुओं के लिए महाप्रसादी (भोजन) का इंतजाम रहेगा। इसके अलावा पूरी रथयात्रा के मार्ग पर जगह-जगह श्रद्धालुओं के लिए ठंडा पानी और आइसक्रीम समेत कई तरह के प्रसाद और अल्पाहार बांटे जाएंगे ताकि भक्तों को कोई परेशानी न हो। सांस्कृतिक प्रस्तुतियां और सुरक्षा के कड़े इंतजाम रथयात्रा के दौरान शहर के राजस्थान महिला विद्यालय के अमल का कांटा चौराहे पर कलाकारों द्वारा सुंदर भजन और कई सांस्कृतिक प्रस्तुतियां दी जाएंगी। यात्रा को सुरक्षित और व्यवस्थित रखने के लिए पूरे रूट पर पैनी नजर रखी जाएगी। सुरक्षा के लिए मार्ग पर एंबुलेंस, फायर ब्रिगेड, सादे कपड़ों में पुलिसकर्मी और सीसीटीवी कैमरों से निगरानी की व्यवस्था रहेगी।रथयात्रा समिति ने श्रद्धालुओं से विशेष अपील की है कि वे यात्रा मार्ग पर किसी भी तरह की आतिशबाजी न करें। 23 फीट से कम ऊंचाई के स्वागत द्वार न बनाएं। विभिन्न समाजों और संगठनों की ओर से रथयात्रा के लिए ध्वजा-पताकाओं का वितरण भी कर दिया गया है। 375 साल पुराना है जगदीश मंदिर उदयपुर का प्रसिद्ध जगदीश मंदिर करीब 375 साल पुराना है, जिसका निर्माण साल 1651 में महाराणा जगतसिंह प्रथम ने करवाया था। यह भव्य मंदिर वास्तुकला की इंडो-आर्यन शैली में बना है, जहां भगवान विष्णु (जगन्नाथ) की काले पत्थर की चार भुजाओं वाली सुंदर मूर्ति स्थापित है। यहां भगवान जगन्नाथ की रथयात्रा निकालने की परंपरा सदियों पुरानी है, जो मेवाड़ राजपरिवार के समय से ही श्रद्धापूर्वक चली आ रही है। पुरी और अहमदाबाद के बाद इसे देश की तीसरी सबसे बड़ी रथयात्रा माना जाता है, जिसमें मेवाड़ ही नहीं बल्कि देशभर से लाखों श्रद्धालु शामिल होने आते हैं।
वन स्टॉप सेंटर के बाहर युवक की चप्पलों से पिटाई:शिवपुरी में पॉक्सो केस में पेशी के बाद शादी पर विवाद
शिवपुरी में एक युवक की चप्पलों से पिटाई का वीडियो सोमवार देर शाम सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। यह घटना वन स्टॉप सेंटर के बाहर हुई, जहां एक पुराने पॉक्सो प्रकरण से जुड़े युवक और युवती की शादी की तैयारी को लेकर विवाद हो गया था। युवती के परिजनों और कुछ हिंदू संगठन के कार्यकर्ताओं की मौजूदगी में यह हंगामा हुआ। यह मामला एक पुराने पॉक्सो प्रकरण से जुड़ा है। जानकारी के अनुसार, मुजफ्फरनगर निवासी अब्दुल रहमान फर्नीचर का काम करने कोलारस आया था। आरोप है कि किराए के मकान में रहने के दौरान वह एक नाबालिग लड़की के संपर्क में आया था। परिजनों की शिकायत पर पुलिस ने उस समय युवक के खिलाफ अपहरण और पॉक्सो एक्ट के तहत मामला दर्ज कर उसे गिरफ्तार किया था। बाद में उसे जमानत मिल गई थी। बालिग होने पर दोनों फिर साथ रहने लगेबताया जा रहा है कि युवती के बालिग होने के बाद दोनों फिर से संपर्क में आए और साथ रहने लगे। सोमवार को दोनों पुराने पॉक्सो प्रकरण में पेशी के लिए शिवपुरी न्यायालय पहुंचे थे। इसी दौरान उन्होंने विवाह करने की इच्छा जताई और कोर्ट परिसर के बाहर विवाह संबंधी दस्तावेज तैयार कराने लगे। इसकी जानकारी मिलने पर कुछ हिंदू संगठन के पदाधिकारी मौके पर पहुंचे और युवती के परिजनों को भी शिवपुरी बुला लिया। परिजनों और कार्यकर्ताओं ने युवती को समझाने का प्रयास किया, लेकिन वह अपने फैसले पर अड़ी रही। इसके बाद मामला वन स्टॉप सेंटर पहुंचा, जहां काउंसलिंग के बाद भी दोनों पक्षों के बीच सहमति नहीं बन सकी। युवक पर चप्पलों से पीटावन स्टॉप सेंटर से बाहर निकलते ही दोनों पक्षों के बीच विवाद बढ़ गया। इसी दौरान युवती की मां ने युवक पर चप्पलों से हमला कर दिया। सड़क पर कुछ देर तक हंगामे की स्थिति बनी रही, जिसका वीडियो मौके पर मौजूद लोगों ने बना लिया। विवाद के बाद युवती अपने परिजनों के साथ चली गई। वहीं, युवक अपने पिता के साथ वापस मुजफ्फरनगर लौट गया।
यूपी STF ने बदमाश आसिफ अली को मार गिराया:जौनपुर डबल मर्डर में वांटेड था, कानपुर का रहने वाला था
यूपी STF ने अंबेडकरनगर में बदमाश आसिफ अली (40) को मंगलवार सुबह 4 बजे एनकाउंटर में मार गिराया। STF ने मुखबिर की सूचना पर आसिफ को घेरा तो उसने फायरिंग कर दी। जवाबी फायरिंग में वह ढेर हो गया। असीम कानपुर का रहने वाला था। मुठभेड़ जिला मुख्यालय से 25 किमी दूर जगदीशपुर गांव के पास हुई। नोएडा STF यूनिट के एडिशनल एसपी राजकुमार मिश्रा ने बताया- जौनपुर में साल 2014 में आसिफ ने एक घर में डकैती डाली थी। इसमें दो लोगों की हत्या कर दी थी। 3 और लोगों पर भी जानलेवा हमला किया था, लेकिन उनकी जान बच गई थी। आसिफ छयमार गैंग का सरगना था। उस पर जौनपुर पुलिस ने एक लाख रुपए का इनाम घोषित किया था। वह कई सालों से फरार था। एनकाउंटर से जुड़ी 2 तस्वीरें देखिए- खबर अपडेट की जा रही है….
रोहतक के पंडित भगवत दयाल शर्मा स्वास्थ्य विज्ञान विश्वविद्यालय के हड्डी रोग विभाग में 4 नंबर वाले को एडमिशन देने का आरोप लगाते हुए डॉ. आरके वर्मा की एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रही है। वायरल वीडियो में डॉ. वर्मा ने सिस्टम की खामियों को लेकर कई गंभीर आरोप लगाए। वायरल वीडियो में डॉ. आरके वर्मा ने कहा कि मेडिकल कॉलेज के हड्डी रोग विभाग में आरक्षित श्रेणी के एक छात्र का एडमिशन 800 में से मात्र 4 नंबर आने पर हो गया। जबकि जनरल कैटेगरी के युवक का एडमिशन 800 में से 585 नंबर आने पर हुआ। ऐसा ही सर्जरी विभाग, गायनेकोलॉजी, मेडिसन व अन्य विभाग में भी 10-11 और अधिकतम 40 नंबर आने पर एडमिशन हुआ है। 585 नंबर वाला छात्र कैसे हो जाएगा सहज वायरल वीडियो में डॉ. आरके वर्मा ने कहा कि जब 4 नंबर लेने वाला छात्र विभाग में जाएगा तो 585 नंबर लेने वाला छात्र उसके साथ कैसे सहज हो पाएगा। कोई 4 वोट पाकर साढे़ 5 लाख वोट पाने को छोड़कर पीएम कैसे बन सकता है। समझने की जरूरत यह है कि जनरल कैटेगरी के 584 नंबर वाले का एडमिशन नहीं हुआ, लेकिन आरक्षित वर्ग में 4 नंबर वाले का हो गया। 4 नंबर वाला कैसे बनेगा अच्छा डॉक्टरवायरल वीडियो में डॉ. आरके वर्मा ने कहा कि 4 नंबर प्राप्त करने वाले जिस छात्र का बौद्धिक स्तर इतना कमजोर है, वह कैसे जूनियर डॉक्टर वाला ईलाज कर पाएगा। फिर उसे सीनियर डॉक्टर की डॉट पड़ेगी तो वह कहेगा कि उसका शोषण हो रहा है। फिर वह एससी-एसटी एक्ट में रिपोर्ट दर्ज करवाएगा। 585 नंबर वाला बात नहीं करेगा तो वह कमेटी में रिपोर्ट करेगा, इससे विभाग का माहौल खराब होगा। समाज का नुकसान कर रहे राजनेता वायरल वीडियो में डॉ. आरके वर्मा ने कहा कि राजनेता इस देश को नुकसान पहुंचा रहे है। 4 नंबर वाले युवक व उसके समुदाय का जीवन खराब कर रहे है, जिन्हें सबक मिलना चाहिए। 585 नंबर व 4 नंबर वाले के बीच में जो युवक है, क्या उनके अंदर द्वेष की भावना पैदा नहीं होगी। 4 नंबर वाले युवक के मन में कुंठा पैदा होगी, क्या वह सही है। इसके बारे में सोचने की जरूरत है। पीजीआई में ऐसा कोई मामला फिलहाल नहीं पीजीआईएमएस के पीआरओ डॉ. उमेश यादव ने बताया कि पीजीआई में डॉक्टर आरके वर्मा नाम के कोई डॉक्टर नहीं है। जो मामला वीडियो में बताया जा रहा है, वह एक साल पहले का मामला है। वह छात्र कोर्स छोड़कर जा चुका है। उसका एडमिशन सरकार की पॉलिसी के अनुसार हुआ था, इसमें पीजीआईएमएस का कोई लेना-देना नहीं है।
हरियाणा सरकार अंत्योदय अन्न योजना (AAY) यानी गुलाबी राशन कार्ड धारकों के लिए गेहूं वितरण का नियम बदलने जा रही है। अभी तक एक AAY राशन कार्ड पर हर महीने 35 किलो गेहूं मिलता है। अब नई व्यवस्था में हर पात्र सदस्य को 7 किलो गेहूं दिया जाएगा। खाद्य एवं आपूर्ति विभाग ने इसकी तैयारी पूरी कर ली है। संभावना है कि अगले महीने से नया नियम लागू कर दिया जाएगा। इस बदलाव से बड़े परिवारों को फायदा होगा, जबकि पांच से कम सदस्यों वाले परिवारों को पहले की तुलना में कम गेहूं मिलेगा। राज्य में गुलाबी राशन कार्ड धारक परिवारों की संख्या पौने तीन लाख के आसपास है। ये वे परिवार हैं जिनकी वार्षिक आय 25 हजार से 1 लाख रुपए के बीच है। नई व्यवस्था से किसे फायदा, किसे नुकसान? नई व्यवस्था में 5 से ज्यादा सदस्यों वाले परिवारों को सबसे ज्यादा फायदा होगा, क्योंकि अब उन्हें हर पात्र सदस्य के हिसाब से 7 किलो गेहूं मिलेगा। उदाहरण के लिए, 6 सदस्यों वाले परिवार को 42 किलो और 7 सदस्यों वाले परिवार को 49 किलो गेहूं मिलेगा। वहीं, 5 सदस्यों वाले परिवार को पहले की तरह ही 35 किलो गेहूं मिलता रहेगा। दूसरी ओर, 2, 3 और 4 सदस्यों वाले परिवारों को नुकसान होगा, क्योंकि उन्हें पहले मिलने वाले 35 किलो गेहूं की जगह अब क्रमशः 14, 21 और 28 किलो ही मिलेगा। सरकार ने बदलाव क्यों किया? खाद्य एवं आपूर्ति विभाग का कहना है कि अब राशन परिवार के बजाय सदस्यों की संख्या के हिसाब से दिया जाएगा। इससे बड़े परिवारों को उनकी जरूरत के अनुसार ज्यादा गेहूं मिल सकेगा और राशन वितरण अधिक समान और पारदर्शी होगा। विभाग बोला- तैयारियां पूरीं हुईं खाद्य एवं आपूर्ति विभाग के नियंत्रक मुकेश कुमार ने कहा- नई व्यवस्था लागू करने की तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। विभाग को उम्मीद है कि अगले महीने से AAY लाभार्थियों को प्रति पात्र सदस्य 7 किलो गेहूं के हिसाब से राशन मिलना शुरू हो जाएगा।
राहगीर से लूट के 3 आरोपी गिरफ्तार:सतना पुलिस ने बाइक और चांदी का ब्रेसलेट भी जब्त किया
सतना में कोलगवां थाना पुलिस ने एक राहगीर से लूटपाट के आरोप में तीन व्यक्तियों को सोमवार को गिरफ्तार किया है। आरोपियों ने राहगीर से मारपीट कर मोबाइल फोन और चांदी का ब्रेसलेट लूटा था। पुलिस ने उनके कब्जे से लूटा गया सामान और वारदात में इस्तेमाल की गई बाइक भी जब्त कर ली है। टी.आई. सुदीप सोनी ने बताया कि यह घटना 5 जुलाई की रात करीब 1 बजे हुई थी। कृष्णनगर निवासी 42 वर्षीय कन्हैयालाल सोधिया सेमरिया चौक से अपने घर पैदल जा रहे थे। तभी बाइक पर सवार तीन बदमाशों ने उन्हें रोका, मारपीट की और उनका चांदी का ब्रेसलेट व मोबाइल फोन छीनकर फरार हो गए। पीड़ित कन्हैयालाल ने उसी रात थाने में शिकायत दर्ज कराई, जिसके बाद पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू की। पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज और मुखबिरों से मिली सूचना के आधार पर आरोपियों की पहचान की। मोबाइल और चांदी का ब्रेसलेट जब्तगिरफ्तार किए गए आरोपियों की पहचान अंकुर उर्फ छोटू पंडित (25 वर्ष, निवासी करहिया, थाना सिरमौर, जिला रीवा, हाल सिद्धार्थ नगर), सचिन कुशवाहा (23 वर्ष, निवासी गोविंदगढ़ रीवा, हाल बरदाडीह शुक्ला) और रोहित रजक (23 वर्ष, निवासी ऐरा, थाना रामपुर बाघेलान, हाल बरदाडीह) के रूप में हुई है। पुलिस ने आरोपियों के पास से घटना में प्रयुक्त बाइक (क्रमांक एमपी 17 एमएस 9651), लूटा गया मोबाइल फोन और चांदी का ब्रेसलेट जब्त किया है। तीनों आरोपियों को कोर्ट में पेश करने के बाद जेल भेज दिया गया है।
अजमेर जिले के मांगलियावास थाना क्षेत्र में एक युवती को गर्म सरिए से दागने का मामला सामने आया है। युवती की मां ने पुलिस थाने में सात लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दी है। पुलिस ने महिला की रिपोर्ट पर 6 लोगों को शांतिभंग में गिरफ्तार किया है। मांगलियावास थाना प्रभारी हरिश चौधरी ने बताया कि युवती की मां ने 5 जुलाई की रात थाने में रिपोर्ट दी, जिसमें बताया कि 4 जुलाई 2026 को जब वह अपने खेत पर घास लेने गई थी, तब उनकी बेटी और अन्य बच्चियां घर पर अकेली थीं। इसी दौरान काली पत्नी करतार, सुखपाल उर्फ सूरज, महेन्द्र पुत्र गोपाल, रेखा पत्नी कैलाश, सीमा पत्नी मेवा, रमती पत्नी अन्ना और गीता पत्नी स्व. गोपाल उनके घर आए। जान से मारने की धमकी ये सभी लोग उनकी बेटी को अपने साथ माताजी के मंदिर ले गए। मंदिर में इन लोगों ने उसके साथ मारपीट की। रिपोर्ट में आरोप लगाया गया है कि सुखपाल ने बेटी को लोहे के सरिए गर्म करके उसके शरीर पर दागे। बेटी के पैर, हाथ और माथे पर गर्म सरिया लगाया गया है। उन्होंने बेटी से मारपीट की और उससे गाली-गलौज भी की। आरोपियों ने बेटी को जान से मारने की धमकी भी दी थी। बेटी के शरीर में डायन है पीड़ित युवती के पिता ने बताया कि आरोपी का दावा है कि उनकी बेटी के शरीर में डायन है और वह उसके निकालेगा। बेटी के साथ ऐसा करने (गर्म सरिए से दागने) से बेटी नहीं जलेगी, बल्कि डायन जलेगी। ASI हुकुमसिंह को सौंपी जांच पुलिस ने महिला की रिपोर्ट मामला दर्ज किया है और ASI हुकुम सिंह को मामले की जांच सौंपी गई है। प्रारंभिक जांच के आधार पर 6 लोगों को शांतिभंग में गिरफ्तार कर लिया गया है।
दौसा में आज बारिश का अलर्ट:घने बादल छाने के साथ कई इलाकों में हल्की बरसात
दौसा जिले में मानसून ने पूरी तरह दस्तक दे दी है। यहां लगातार दूसरे दिन मंगलवार तड़के करीब 3 बजे से ही कई इलाकों में हल्की से मध्यम तो कहीं-कहीं तेज बारिश का दौर जारी है। रूक-रूक कर हो रही बारिश से नीचले इलाकों में जलभराव की स्थिति बनी हुई है। हालांकि छितराई बारिश के कारण फिलहाल जिलेभर में समानान्तर बरसात नहीं हुई है। ऐसे में घने बादल छाए होने से तेज बारिश की संभावना बनी हुई है। तापमान में गिरावट जिले में बारिश के बाद मौसम सुहावना बना हुआ है। तापमान में भी गिरावट दर्ज की गई है। मंगलवार को जिले का न्यूनतम तापमान 25 डिग्री दर्ज किया गया, जबकि अधिकतम तापमान 33 डिग्री सेल्सियस रहने की संभावना है। वहीं 24 घंटे पूर्व सोमवार को अधिकतम तापमान 35 और न्यूनतम 23 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया था। इस सप्ताह बारिश के साथ आंशिक रूप से बादल छाए रहने का पूर्वानुमान है। जबकि तापमान अधिकतम 33 और न्यूनतम 25 डिग्री सेल्सियस पर स्थिर बना रह सकता है। बारिश का पूर्वानुमान मौसम विभाग ने राज्य में 9 जुलाई तक भारी से अतिभारी बारिश का दौर जारी रहने का अलर्ट जारी किया है। बंगाल की खड़ी में बने डिप्रेशन सिस्टम और मानसून ट्रफ के दक्षिण-पश्चिम से होकर गुजरने के कारण राजस्थान में अच्छी बारिश की संभावना है।
उन्नाव और फतेहपुर को जोड़ने वाले महत्वपूर्ण बक्सर गंगा पुल पर मंगलवार सुबह से मरम्मत कार्य शुरू हो गया है। पुल की जर्जर स्थिति, स्लैब से बाहर निकल रही सरियों और क्षतिग्रस्त एक्सपेंशन जॉइंट को देखते हुए लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) ने यह निर्णय लिया है। मरम्मत कार्य के दौरान अगले 10 दिनों तक पुल पर भारी वाहनों का प्रवेश पूरी तरह प्रतिबंधित रहेगा। प्रशासन ने बड़े वाहनों की आवाजाही रोकने के लिए पुल के दोनों ओर हाइटगेज भी लगा दिए हैं। वर्ष 2006 में निर्मित लगभग 800 मीटर लंबा यह पुल उन्नाव और फतेहपुर के बीच आवागमन का प्रमुख मार्ग है। क्षेत्र के लोगों के लिए यह पुल जीवनरेखा माना जाता है। हालांकि, पिछले कई वर्षों से लगातार ओवरलोड वाहनों के संचालन के कारण इसकी स्थिति खराब होती चली गई है। स्थानीय ग्रामीणों का आरोप है कि 25 टन क्षमता वाले इस पुल से 40 से 50 टन तक भार वाले खनन ट्रक लगातार गुजरते रहे हैं। रायबरेली के गेगासो पुल पर प्रतिबंध लगने के बाद बक्सर पुल पर यातायात का दबाव और बढ़ गया, जिससे पुल की बीमों में दरारें आ गईं और कई हिस्से क्षतिग्रस्त हो गए। पीडब्ल्यूडी के अधिशासी अभियंता हरदयाल अहरिवार ने बताया कि पुल के बेयरिंग कोट और क्षतिग्रस्त एक्सपेंशन जॉइंट की मरम्मत के लिए 45.26 लाख रुपये की धनराशि स्वीकृत की गई है। उन्होंने कहा कि मौसम अनुकूल रहने पर कार्य लगातार जारी रहेगा, जबकि बारिश होने की स्थिति में मरम्मत कार्य प्रभावित हो सकता है। यातायात व्यवस्था सुचारु बनाए रखने के लिए प्रशासन ने डायवर्जन योजना लागू की है। फतेहपुर से आने वाले ट्रक और अन्य भारी वाहन अब बांदा-बहराइच मार्ग से लालगंज और बछरावां होते हुए गुजरेंगे या कानपुर के जाजमऊ पुल का उपयोग करेंगे। उन्नाव से फतेहपुर जाने वाले भारी वाहनों के लिए भी यही वैकल्पिक मार्ग निर्धारित किया गया है। दोपहिया और छोटे चार पहिया वाहनों को नियंत्रित तरीके से पुल के एक हिस्से से गुजरने की अनुमति दी गई है। यातायात व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुल पर पुलिस बल की तैनाती की गई है। स्थानीय लोगों ने पुल के रखरखाव को लेकर सवाल उठाते हुए कहा कि यदि समय पर मरम्मत और ओवरलोड वाहनों पर प्रभावी रोक लगाई जाती, तो पुल की स्थिति इतनी खराब नहीं होती। हालांकि, अब मरम्मत कार्य शुरू होने से लोगों को उम्मीद है कि जल्द ही पुल सुरक्षित और सुगम आवागमन के लिए पूरी तरह तैयार हो जाएगा।
सतना के प्राइवेट अस्पताल में डॉक्टर-मरीज के परिजन भिड़े:रेफर करने पर बढ़ा विवाद, मारपीट का भी आरोप
सतना के उमरी स्थित पूजा क्रिटिकल केयर न्यूरो एंड ट्रामा हॉस्पिटल में सोमवार शाम डॉक्टर और मरीज के परिजनों के बीच विवाद हो गया। आरोप है कि डॉक्टरों ने मरीज के एक परिजन से मारपीट की, जिससे उसकी शर्ट फट गई। इस घटना का एक वीडियो भी सामने आया है। जानकारी के अनुसार, उमरी निवासी सेंट्रल बैंक के पूर्व प्रबंधक आर.बी. सिंह को न्यूरो संबंधी समस्या थी। परिजन उन्हें उपचार के लिए डॉ. नितिन कुलश्रेष्ठ के पास पूजा हॉस्पिटल लाए थे। परिजन राहुल सिंह ने आरोप लगाया कि मरीज को बिना समुचित जांच के काफी देर तक अस्पताल में रखा गया। राहुल सिंह के मुताबिक, बाद में बाहर से विशेषज्ञ डॉक्टर बुलाने के नाम पर अतिरिक्त राशि की मांग की गई। जब परिजनों ने इस पर असहमति जताई, तो मरीज को रेफर करने की बात कही गई। परिजन बोले- मारपीट में शर्ट तक फट गईपरिजनों का कहना है कि इस बात पर आपत्ति जताने पर राहुल सिंह के साथ अस्पताल में मारपीट की गई, जिससे उनकी शर्ट फट गई। घटना के बाद परिजन मरीज को बेहतर इलाज के लिए नागपुर ले गए। वहीं, अस्पताल प्रबंधन ने परिजनों के आरोपों को निराधार बताया है। अस्पताल की ओर से जारी बयान में कहा गया कि मरीज की हालत गंभीर थी, इसलिए उसे उच्च स्तरीय उपचार के लिए रेफर किया गया था। प्रबंधन का आरोप है कि इसी निर्णय से नाराज होकर मरीज के परिजनों ने अभद्रता की और विवाद शुरू कर दिया। घटना के बाद अस्पताल में कुछ समय के लिए तनावपूर्ण माहौल बना रहा। फिलहाल, दोनों पक्ष एक-दूसरे पर गंभीर आरोप लगा रहे हैं।
कोटा में बारिश से सड़कें गीली हुई:सीजन में अबतक केवल 89.1एमएम बरसात हुई, जानिए आज कैसा रहेगा मौसम
कोटा में मंगलवार सुबह से बादल छाए हुए है। साढ़े 7 बजे करीब शहर के कुछ इलाकों में तेज बारिश हुई। बारिश का दौर 5-7 मिनट चला। सड़कें गीली हो गई। मौसम सुहावना हो गया। हालांकि उमस अभी बरकरार है। मौसम विभाग में 9 जुलाई तक कोटा संभाग में बारिश का ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। इससे पहले सोमवार रात को भी शहर के कुछ इलाकों में हल्की बूंदाबांदी हुई। सोमवार को अधिकतम तापमान 37.4 डिग्री व न्यूनतम 28 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। मौसम विभाग से मिली जानकारी के अनुसार इस साल सीजन में अबतक (6 जुलाई तक)केवल 89.1 एमएम बारिश हुई है। जबकि पिछले साल 6 जुलाई तक जिले में 482.8 एमएम बारिश दर्ज हो चुकी थी। यानी पिछले साल के मुकाबले इस बार 6 जुलाई तक 82% बारिश कम हुई है। इस बार मानसून की सुस्त रफ्तार रहने से पिकनिक स्पॉट भी सुन पड़े है। खेतों में बुवाई प्रभावित हो रही है। पिछले साल जुलाई के शुरुआती सप्ताह में हाड़ौती संभाग के पिकनिक स्थलों पर लोगों की अच्छी खासी भीड़ उमड़ रही थी।
लुधियाना में सोमिया इंफ्राकॉन प्राइवेट लिमिटेड (RSC प्लांट) में काम कर रहे एक हेल्पर की मिक्सर मशीन की सफाई के दौरान करंट लगने से मौत हो गई। खराब और नंगी तारों के कारण हुए इस हादसे के बाद थाना डेहलों पुलिस ने मृतक के चाचा की शिकायत पर प्लांट प्रबंधन के खिलाफ लापरवाही का मामला दर्ज कर लिया है। डेहलों पुलिस को दी गई शिकायत में रियाज अहमद निवासी असोर, थाना गुंदो, जिला डोडा (जम्मू-कश्मीर) ने बताया कि उसका भतीजा मोहम्मद इरफान सोमिया इंफ्राकॉन प्राइवेट लिमिटेड के RSC प्लांट में हेल्पर के रूप में काम करता था। 5 जुलाई को उसका भतीजा प्लांट में मौजूद मिक्सर मशीन के चेंबर की सफाई कर रहा था। नंगी तार से लगा जोरदार करंट शिकायतकर्ता के अनुसार, सफाई के दौरान मिक्सर मशीन से जुड़ी बिजली की एक तार किसी स्थान से नंगी (क्षतिग्रस्त) थी। अचानक उस तार की चपेट में आने से इरफान को तेज करंट लगा, जिसके झटके से वह मिक्सर मशीन के अंदर जा गिरा और मौके पर ही उसकी मौत हो गई। मैनेजमेंट पर सुरक्षा में लापरवाही का आरोप मृतक के चाचा रियाज अहमद ने प्लांट प्रबंधन पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि वहां बिजली की तारों और मशीनरी का रखरखाव सही तरीके से नहीं किया जाता था। उनका आरोप है कि मजदूरों की सुरक्षा के लिए भी पुख्ता इंतजाम नहीं किए गए थे। इसी लापरवाही और खराब तारों को ठीक न करने के कारण उनके भतीजे की जान चली गई। पुलिस की कार्रवाई मामले की जांच कर रहे एएसआई गुरदेव राम ने बताया कि पुलिस ने मृतक के चाचा के बयान दर्ज कर लिए हैं। बयानों और प्रारंभिक जांच के आधार पर प्लांट प्रबंधन के खिलाफ BNS की धारा 106(1) (लापरवाही से मौत का कारण बनना) के तहत मामला दर्ज कर लिया गया है। पुलिस ने आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है।
नोएडा के सेक्टर-88 स्थित सुरभी इंटरनेशनल कंपनी में सोमवार देर रात 11:55 बजे आग लग गई। आग इतनी तेजी से फैली कि कुछ ही देर में ग्राउंड फ्लोर से होते हुए पहली और दूसरी मंजिल तक पहुंच गई। सूचना मिलते ही दमकल विभाग और स्थानीय पुलिस मौके पर पहुंची। करीब ढाई घंटे की मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया गया। घटना के समय कंपनी बंद थी, इसलिए कोई जनहानि नहीं हुई। 8 गाड़ियों ने पाया काबू मुख्य अग्निशमन अधिकारी (सीएफओ) प्रदीप चौबे ने बताया कि आग की सूचना मिलते ही आठ दमकल गाड़ियां मौके पर भेजी गईं। दमकल कर्मियों ने करीब ढाई घंटे तक लगातार प्रयास कर आग पर पूरी तरह काबू पा लिया। शॉर्ट सर्किट से आग लगने की आशंका प्रारंभिक जांच में आग लगने की वजह शॉर्ट सर्किट मानी जा रही है। हालांकि, आग लगने के सही कारणों का पता लगाने के लिए जांच की जा रही है। मशीनें और सामान जलकर राख आग की चपेट में आने से कंपनी में रखा सामान, तैयार माल और मशीनरी जलकर राख हो गई। आग की लपटें काफी तेज थीं, इसलिए एहतियात के तौर पर आसपास की कंपनियों पर भी पानी का छिड़काव किया गया, ताकि आग दूसरे प्रतिष्ठानों तक न फैल सके। कोई जनहानि नहीं अधिकारियों के अनुसार, आग लगने के समय कंपनी बंद थी, इसलिए वहां कोई कर्मचारी मौजूद नहीं था। इसी वजह से कोई जनहानि नहीं हुई। फिलहाल नुकसान का आकलन किया जा रहा है।
रीवा रोड पर पलटा हाइवा, धू-धूकर कर जला:सतना में डिवाइडर से टकराने के बाद लगी आग, ड्राइवर फरार
सतना में रीवा रोड पर एक हाइवा डिवाइडर से टकराकर पलट गया, जिससे उसमें भीषण आग लग गई। यह घटना सोमवार देर रात कोलगवां थाना क्षेत्र में हुई। आग की लपटें काफी देर तक उठती रहीं। पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, रात लगभग 11 बजे नो-एंट्री खुलने के बाद रीवा की ओर से आ रहा तेज रफ्तार हाइवा (एपी 31 टीएच 8001) फ्लाईओवर से उतरते समय बेकाबू हो गया। यह डिवाइडर से टकराकर पलट गया और तुरंत उसमें आग लग गई। ड्राइवर वाहन से निकलकर मौके से फरार हो गया। आसपास से गुजर रहे लोगों ने डायल 112 पर पुलिस को सूचना दी। कोलगवां थाने की टीम तुरंत मौके पर पहुंची और फायर ब्रिगेड को बुलाया। लगभग एक घंटे की मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया जा सका, लेकिन तब तक हाइवा बुरी तरह जल चुका था। एक लेन पर यातायात बाधित हुआइस हादसे में कोई जनहानि नहीं हुई। हालांकि, दुर्घटना और आग के कारण एक लेन पर यातायात पूरी तरह बाधित हो गया, जो देर रात तक बना रहा। प्रारंभिक अनुमान है कि डिवाइडर से टकराने के बाद डीजल टैंक फटने से आग तेजी से फैली। दुर्घटनाग्रस्त हाइवा में लेटेराइट या बॉक्साइट जैसा खनिज लोड था। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, भागते समय ड्राइवर लड़खड़ा रहा था, जिससे उसके नशे में होने की आशंका जताई जा रही है। पुलिस अब रजिस्ट्रेशन नंबर के आधार पर वाहन मालिक से संपर्क कर फरार चालक की तलाश कर रही है और आग लगने के कारणों की भी जांच की जा रही है।
प्रतापगढ़ के हीरागंज बाजार में हाईटेंशन लाइन की चपेट में आकर छात्र की मौत हो गई। मंगलवार सुबह करीब 7:30 बजे 16 साल के छात्र राज यादव की करंट लगने से जान चली गई। राज अभी इंटर ( 11वीं) का छात्र था और परिवार में पिता बबलू यादव और एक बहन है। वह बलीपुर वार्ड का रहने वाला था। उनके घर के सामने बने शौचालय की छत पर हुई। सुबह के वक्त राज अपने घर के सामने बने शौचालय की छत पर गया हुआ था। वहां वह किसी काम से एक पाइप को नीचे उतारने की कोशिश कर रहा था। इसी दौरान, पास से गुजर रही 11 हजार वोल्ट की हाईटेंशन बिजली की लाइन से वह पाइप छू गया। हाईटेंशन लाइन की चपेट में आते ही राज को जोरदार करंट लगा और वह वहीं पर बुरी तरह झुलस गया। अस्पताल पहुंचने से पहले थमी सांसें हादसे के बाद घर में कोहराम मच गया। चीख-पुकार सुनकर दौड़े परिजन और आसपास के लोग राज को आनन-फानन में इलाज के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) कुंडा ले गए। अस्पताल में डॉक्टरों ने तुरंत उसकी जांच की, लेकिन दुर्भाग्य से तब तक बहुत देर हो चुकी थी। डॉक्टरों ने राज को मृत घोषित कर दिया। परिवार पर टूटा दुखों का पहाड़ हादसे के बाद परिवार में कोहराम मच गया। घर के बाहर लोगों की भीड़ जुटी हुई है। बलीपुर वार्ड और हीरागंज बाजार में इस घटना के बाद से मातम का माहौल है।
अलवर शहर के NEB थाना क्षेत्र के ट्रांसपोर्ट नगर स्थित रजवट मैदान के श्मशान घाट के समीप सोमवार रात सड़क किनारे मृत गोवंश के अवशेष मिलने के बाद गोसेवक, बजरंग दल और विभिन्न हिंदू संगठनों के कार्यकर्ताओं ने जेल चौराहे पर आकर जाम लगा दिया। करीब दो घंटे की मशक्कत के बाद जाम खुलवाया गया। गोसेवकों ने चेताया कि बार-बार गोवंश के अवशेष मिलना बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। गोसेवक खुशहाल सैनी ने बताया कि सोमवार रात करीब 9.30 बजे बाइक से ट्रांसपोर्ट नगर जाते समय पुलिया के दूसरी तरफ सड़क किनारे कुछ कुत्ते एक प्लास्टिक का कट्टा खींचते दिखाई दिए। कट्टे में मृत गोवंश के अवशेष मिले। ये पहले की तरह गोवंश को काटकर अवशेष फेंके गए हैं। सब लोग मौके से जेल सर्किल पर आए। यहां प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने नारेबाजी की और जिला प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारियों को मौके पर बुलाने की मांग की। बजरंग दल के कार्यकर्ताओं ने सड़क पर बैठकर किया हनुमान चालीसा पाठ कार्यकर्ताओं ने सड़क पर बैठकर हनुमान चालीसा के पाठ शुरू कर दिए। पुलिस मौके पर पहुंची और प्रदर्शनकारियों को समझाने का प्रयास किया। वाहन चालकों को परेशानी का सामना करना पड़ा। रात करीब 11 बजे तक वरिष्ठ अधिकारियों के मौके पर नहीं पहुंचने से प्रदर्शनकारी आक्रोशित हो गए। इसके बाद कुछ कार्यकर्ता गोवंश के अवशेष लेकर पैदल ही वन मंत्री संजय शर्मा के निवास की ओर रवाना हो गए। 3 महीने में तीसरी बार अवशेष मिलने से नाराज कार्यकर्ता रास्ते में एनईबी थाना प्रभारी दिनेश मीणा और टीम ने उन्हें रोक लिया। इस दौरान प्रदर्शनकारियों और पुलिस के बीच तीखी बहस हुई। इसी बीच सिटी सीओ अंगद शर्मा मौके पर पहुंचे और प्रदर्शनकारियों से बात की। उन्होंने मंगलवार को अवशेषों का पोस्टमॉर्टम कराने तथा मामले की जांच कर संदिग्ध आरोपियों की पहचान कर कार्रवाई करने का आश्वासन दिया। रात करीब साढ़े 11 बजे प्रदर्शन समाप्त हुआ। पुलिस और गोसेवक अवशेषों को पशु चिकित्सालय की मोर्च्यूरी ले गए। इस दौरान एनईबी थाना पुलिस के साथ कोतवाली और शिवाजी पार्क थाना पुलिस व पुलिस लाइन का अतिरिक्त जाब्ता तैनात रहा। शहर में पिछले कुछ महीनों में गोवंश से मामलों की यह तीसरी घटना है। पहले 10 अप्रैल को अग्रसेन ओवरब्रिज के पास तथा 15 मई को गोपाल टॉकीज क्षेत्र में मृत गोवंश मिलने पर भी प्रदर्शन हुए थे। इस दौरान अंजना दीवान, कुलदीप, अतुल राजावत, प्रीतम, पूजा कुकरेजा, गरिमा, यतन, दीपु सैनी, तरुण, वंश, सौम्य, मनीष, नैतिक, गोलू, गजराज आदि मौजूद रहे।
एटा जनपद में कानून-व्यवस्था और सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लेने तथा अपराधों पर अंकुश लगाने के उद्देश्य से मंगलवार रात डेढ़ बजे क्षेत्राधिकारी नगर कीर्तिका सिंह ने विभिन्न स्थानों पर तैनात पुलिसकर्मियों का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने ड्यूटी पर मौजूद पुलिसकर्मियों और सुरक्षा गार्डों की उपस्थिति, सतर्कता, हथियारों की स्थिति और समग्र सुरक्षा व्यवस्था का बारीकी से मूल्यांकन किया। निरीक्षण के दौरान, सीओ सिटी ने पुलिसकर्मियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि वे अपने-अपने क्षेत्रों में लगातार गश्त बढ़ाएं और अपराधियों पर कड़ी नजर रखें। उन्होंने पुलिसकर्मियों से पूरी मुस्तैदी और जिम्मेदारी के साथ अपनी ड्यूटी का निर्वहन करने को कहा। कीर्तिका सिंह ने जोर दिया कि संदिग्ध व्यक्तियों और गतिविधियों पर लगातार पैनी नजर रखी जाए तथा सुरक्षा स्थलों के आसपास नियमित रूप से भ्रमण कर सुरक्षा व्यवस्था को प्रभावी बनाया जाए। सीओ सिटी ने यह भी निर्देशित किया कि किसी भी आपात स्थिति में तत्काल और प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए, ताकि आमजन की सुरक्षा और कानून-व्यवस्था पर कोई प्रतिकूल प्रभाव न पड़े। संबंधित अधिकारियों और पुलिसकर्मियों को सुरक्षा मानकों का कड़ाई से पालन करने के निर्देश भी दिए गए।
रोडवेज बस-ट्रैक्टर ट्रॉली टक्कर में तीन घायल:लालगंज में देर रात हुआ हादसा, बस चालक गंभीर घायल
रायबरेली के लालगंज कोतवाली क्षेत्र में देर रात एक रोडवेज बस और ट्रैक्टर ट्रॉली की जोरदार टक्कर हो गई। इस हादसे में बस चालक समेत तीन लोग घायल हो गए, जिनमें बस चालक की हालत गंभीर बताई जा रही है। यह घटना चंदा टीकर गांव के पास देर रात करीब 12:30 बजे हुई। रोडवेज बस (UP41AT2968) लखनऊ से 10 सवारियों को लेकर फतेहपुर जा रही थी, तभी सामने से आ रही एक ट्रैक्टर ट्रॉली से उसकी टक्कर हो गई। हादसे के बाद 108 एंबुलेंस से घायलों को डलमऊ सीएससी अस्पताल भेजा गया। देखें, 3 तस्वीरें… घायलों में बस चालक संदीप और दो अन्य लोग शामिल हैं। ट्रैक्टर का अगला हिस्सा पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया। बस चालक संदीप की गंभीर हालत को देखते हुए उन्हें प्राथमिक उपचार के बाद रायबरेली के जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया है। घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस मौके पर पहुंची और मामले की जांच पड़ताल शुरू कर दी है। पुलिस ने इस संबंध में विधिक कार्यवाही भी शुरू कर दी है।
पश्चिम मध्य रेलवे के जबलपुर जोन में मेडिकल क्लेम के नाम पर लाखों रुपए के फर्जीवाड़े का मामला सामने आया है। रेलवे कर्मचारियों पर इलाज के बिलों में हेराफेरी कर सरकारी राशि का गबन करने का आरोप है। शुरुआती जांच में करीब 40 लाख रुपए के घोटाले की आशंका जताई गई है। मामले में दो लिपिकों को निलंबित कर दिया गया है, जबकि कई अन्य कर्मचारी और अधिकारी जांच के दायरे में हैं। बिलों में शून्य जोड़कर बढ़ा दी क्लेम राशि रेलवे अधिकारियों के अनुसार कुछ कर्मचारियों ने निजी अस्पतालों में इलाज कराने के बाद कार्मिक विभाग के लिपिकों से मिलीभगत कर मेडिकल क्लेम में हेराफेरी की। आरोप है कि 10 हजार रुपए के बिल को एक लाख रुपए तक दर्शाने के लिए रकम के आगे अतिरिक्त शून्य जोड़ दिए गए और उसी आधार पर भुगतान भी कराया गया। दो लिपिक सस्पेंड, विजिलेंस ने संभाली जांच प्रारंभिक जांच में कार्मिक विभाग के मयंक श्रीवास्तव और अतुल कुमार की भूमिका संदिग्ध मिलने पर दोनों को निलंबित कर दिया गया है। मामले की गंभीरता को देखते हुए रेलवे विजिलेंस ने विस्तृत जांच शुरू कर दी है। कटनी मंडल तक पहुंची जांच जांच में यह भी सामने आया है कि फर्जीवाड़ा केवल जबलपुर तक सीमित नहीं है। कटनी मंडल के कुछ कर्मचारियों के मेडिकल बिल भी संदिग्ध पाए गए हैं। इसके अलावा कार्मिक और लेखा विभाग के कुछ अधिकारी एवं कर्मचारी भी जांच के घेरे में हैं। पश्चिम मध्य रेलवे के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी हर्षित श्रीवास्तव ने अनियमितता के चलते दो कर्मचारियों के निलंबन की पुष्टि की है। जांच में अब तक सामने आए तथ्य कार्मिक और लेखा विभाग की भूमिका पर सवाल जांच में कार्मिक और लेखा विभाग के कुछ कर्मचारियों की भूमिका भी संदिग्ध मानी जा रही है। विभागीय परीक्षण के बाद ही मेडिकल क्लेम भुगतान के प्रस्ताव भेजे जाते हैं, ऐसे में अधिकारियों की लापरवाही या मिलीभगत की भी जांच की जा रही है। सूत्रों के अनुसार फर्जी भुगतान के बदले राशि के बंटवारे की भी आशंका है। मामले में एक अन्य कर्मचारी को कारण बताओ नोटिस (शो-कॉज नोटिस) जारी किया गया है। विजिलेंस की जांच पूरी होने के बाद इस मामले में और भी कार्रवाई हो सकती है।
प्रयागराज में रातभर रुक-रुक कर बारिश हुई:सुबह से पड़ रही रिमझिम बूंदे, तापमान में गिरावट
प्रयागराज में मंगलवार सुबह से ही बारिश हो रही है। पिछले 10 घंटे से कभी तेज तो कभी रुकरुक हो रही बारिश से पूरे शहर का मौसम ठंडा है। पिछले कई दिनों से पड़ रही उमस भरी गर्मी से लोगों को बड़ी राहत मिली है। सोमवार देर रात भारी बारिश हुई। मंगलवार की सुबह भी कई इलाकों में रिमझिम बारिश हो रही है। कुछ स्थानों पर बीच-बीच में तेज बौछारें भी पड़ीं। मंगलवार सुबह स्कूल जाने वाले बच्चों और उनके अभिभावकों को बारिश के कारण काफी परेशानी का सामना करना पड़ा। रातभर हुई बारिश के कारण शहर के कई निचले इलाकों में जलभराव की स्थिति बन गई, जिससे लोगों को आवागमन में दिक्कत हुई। कुछ सड़कों पर पानी भर जाने से सुबह के समय यातायात भी प्रभावित रहा। 2 तस्वीर देखिए. मंगलवार की सुबह से ही आसमान में घने बादल छाए रहे और ठंडी हवाएं चलती रहीं। जिससे मौसम पूरी तरह सुहावना बना रहा। मौसम विभाग के अनुसार आने वाले दिनों में भी रुक-रुक कर बारिश का सिलसिला जारी रहने की संभावना है, जिससे तापमान सामान्य से नीचे बना रह सकता है।
जालौन में बारिश रुकी, उमस बढ़ी:बादल छाए रहे, पर बरसे नहीं; किसान चिंतित
जालौन जिले में पिछले दो दिनों से बारिश नहीं होने के कारण एक बार फिर उमस भरी गर्मी ने लोगों की परेशानी बढ़ा दी है। दो दिन पहले हुई बारिश से लोगों को कुछ समय के लिए राहत जरूर मिली थी, लेकिन उसके बाद से मौसम फिर बदल गया है। मंगलवार सुबह से आसमान में बादल छाए रहे और बीच-बीच में हल्की धूप भी निकलती रही। बादलों को देखकर लोगों को बारिश की उम्मीद थी, लेकिन देर तक बारिश नहीं होने से उमस लगातार बढ़ती गई। उमस के कारण लोगों का घरों से बाहर निकलना मुश्किल हो रहा है। हवा की रफ्तार धीमी रहने से वातावरण में नमी बनी है, जिससे गर्मी और अधिक महसूस हुई। लोग अब अच्छी बारिश का बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं ताकि मौसम सुहावना हो सके और उमस से राहत मिल सके। बारिश का इंतजार सिर्फ आम लोगों को ही नहीं, बल्कि किसानों को भी है। खरीफ फसलों की बुवाई और फसलों की बेहतर बढ़वार के लिए लगातार बारिश की जरूरत है। खेतों में पर्याप्त नमी न होने से किसान चिंतित हैं और आसमान की ओर टकटकी लगाए बैठे हैं। किसानों का कहना है कि यदि जल्द अच्छी बारिश नहीं हुई तो खेती का काम प्रभावित हो सकता है और फसलों की वृद्धि पर भी असर पड़ सकता है। बादलों की आवाजाही लगातार बनी हुई है, लेकिन बारिश नहीं होने से उमस कम होने का नाम नहीं ले रही। जिले के लोग अब आने वाले दिनों में अच्छी बारिश की उम्मीद लगाए हुए हैं, जिससे गर्मी और उमस से राहत मिलने के साथ-साथ किसानों की चिंता भी दूर हो सके।
झारखंड के वासेपुर का कुख्यात गैंगस्टर शब्बीर आलम (60) पिछले 13 साल से अपने सहयोगी जावेद के साथ अंबिकापुर में छिपकर रह रहा था। इस दौरान उसने एक स्थानीय बस संचालक के साथ पार्टनरशिप कर बसों और 40 से ज्यादा एम्बुलेंस का कारोबार खड़ा किया। करोड़ों रुपए का नेटवर्क बनाने के साथ उसने अंबिकापुर में आलीशान मकान भी बनवा लिया। दोहरे हत्याकांड में आजीवन कारावास की सजा पा चुका शब्बीर आलम धनबाद पुलिस का घोषित भगोड़ा है। उसकी तलाश में तीन दिन पहले झारखंड पुलिस अंबिकापुर पहुंची, लेकिन छापेमारी से पहले ही वह अपने साथी के साथ फरार हो गया। मामले में सरगुजा पुलिस ने सोमवार को गैंगस्टर के सहयोगी और उसके कारोबारी पार्टनर बस संचालक बैदुल खान (57) के खिलाफ कोतवाली थाने में FIR दर्ज की है। आरोप है कि बैदुल खान ने शब्बीर के भगोड़ा होने की जानकारी होने के बावजूद उसे पनाह दी और कारोबार में साथ दिया। अब पुलिस गैंगस्टर के आर्थिक नेटवर्क, संपत्तियों और उसे संरक्षण देने वाले लोगों की भूमिका की जांच कर रही है। बता दें कि वासेपुर के खूनी गैंगवार पर आधारित फिल्म 'गैंग्स ऑफ वासेपुर' भी बन चुकी है। गैंगस्टर को पकड़ने में नाकाम रही पुलिस दरअसल, वासेपुर (धनबाद) के गैंगस्टर शब्बीर आलम, उसके भाई शाहीद आलम ने 5 लोगों के साथ मिलकर डॉन फहीम खान की मां नजमा खातून और मौसी शहनाज खातून को 18 अक्टूबर 2001 को धनबाद में गोली मार दी थी। हत्या के आरोप में आरोपी गिरफ्तार भी किए गए थे। 2013 में हाईकोर्ट में पेशी के दौरान गैंगस्टर शब्बीर आलम भाग गया था। वह अपने साथी जावेद के साथ अंबिकापुर के बस संचालक बैदुल खान के संपर्क में आया। बैदुल खान ने गैंगस्टर को पनाह देने के साथ ही अपने साथ बस संचालन में पार्टनर भी बनाया। अंबिकापुर में छिपे शब्बीर आलम के तार धनबाद के क्रिमिनल सिंडिकेट से पूरी तरह जुड़े हुए थे। वहां से रंगदारी और वसूली का मोटा पैसा लगातार इन आरोपियों तक पहुंचता था। शब्बीर आलम अपने साथी बैदुल के साथ मिलकर राजहंश बस सर्विस का संचालन कर रहा था। इसके अलावा, राजहंस कंपनी की 2 बसें भी खरीदी, जिन्हें सासाराम और बिहार पटना रूट पर चलाई जा रही थी। एम्बुलेंस और रियल एस्टेट में भी लगाया पैसा बताया गया है कि, गैंगस्टर के सिंडिकेट में SECL सहित अन्य औद्योगिक इलाके में लगभग 40 एंबुलेंस चल रही थी। इसके साथ ही शब्बीर और उसके सहयोगी जावेद आलम उर्फ बाबू ने खरसिया नाका के आसपास जमीन खरीदकर प्लॉटिंग का काम भी शुरू कर दिया था। धनबाद पुलिस की दबिश के बाद इस पूरे नेटवर्क की परतें खुलनी शुरू हो गई हैं। सरगुजा SSP राजेश अग्रवाल ने बताया कि, मामले में कोतवाली पुलिस ने बैदुल खान के खिलाफ FIR दर्ज किया है। पुलिस मामले की जांच कर रही है। अंबिकापुर में छिपे आरोपी की तलाश में झारखंड पुलिस पहुंची थी, लेकिन वह भाग निकलने में कामयाब रहा। अभी तक वह पकड़ा नहीं गया है। पुलिस सूचना तंत्र की नाकामी- आलोक दुबे भाजपा पार्षद आलोक दुबे ने कहा कि, झारखंड के धनबाद में हत्याकांड का मुख्य आरोपी गैंगस्टर इतने सालों तक हमारे शहर में छिपा रहा, यह बेहद गंभीर और सुरक्षा पर सवाल उठाने वाला मामला है। उसे संरक्षण देने और छुपाने वालों पर पुलिस को कड़ी कार्रवाई करनी चाहिए। कुख्यात अपराधी स्थानीय पुलिस की नजरों से बचकर घूमता रहा, यह पुलिस सूचना तंत्र की एक बड़ी नाकामी है। गैंगवार पर बनी है फिल्म गैंग्स ऑफ वासेपुर धनबाद के कोयला माफियाओं और गैंगस्टरों पर गैंग्स ऑफ वासेपुर नाम से फिल्म भी बनी है, जो साल 2012 में रिलीज हुई थी। एक दौर में कोयला, रेलवे ठेकेदारी, जमीन और लोहे का कारोबार फहीम खान की मर्जी के बिना नहीं होता था। उसी दौर में उसकी मां-मौसी की हत्या साबिर आलम और उसके सहयोगियों ने की थी। …………………… इससे संबंधित यह खबर भी पढ़िए… सरगुजा में सालों से छिपा था वासेपुर का गैंगस्टर सब्बीर:धनबाद पुलिस पकड़ने पहुंची तो हुआ फरार, डॉन की मां और चाची को मारी थी गोली झारखंड के वासेपुर का गैंगस्टर सब्बीर आलम कई सालों से अंबिकापुर में पहचान छिपाकर रह रहा था। उसे पकड़ने के लिए पहुंची धनबाद पुलिस को चकमा देकर सब्बीर आलम फरार हो गया। सरगुजा एसएसपी राजेश अग्रवाल ने इसकी पुष्टि की है। पढ़ें पूरी खबर…
जालोर में सरकारी नौकरी दिलाने के नाम पर 24.37 लाख रुपए की ठगी करने के आरोप में शिवगंज (सिरोही) पुलिस ने तखतगढ़ निवासी राकेश जीनगर को गिरफ्तार किया है। आरोप है कि उसने डीएलबी की 2018 की एलडीसी भर्ती में पुराने रिकॉर्ड के आधार पर स्थायी नौकरी दिलाने का झांसा देकर सितंबर 2024 से जून 2025 के बीच अलग-अलग किस्तों में शिकायतकर्ता से 24.37 लाख रुपए वसूल लिए। इसके बाद 11 मार्च 2025 को जालोर नगर परिषद ले जाकर फर्जी नियुक्ति पत्र दिया और फर्जी जॉइनिंग का नाटक भी कराया। शिकायत मिलने पर पुलिस ने जांच शुरू की, आरोपी को गिरफ्तार कर जालोर नगर परिषद में दस्तावेजों की जांच कराई, जहां नियुक्ति पत्र पूरी तरह फर्जी पाए गए। पढ़िए… सिलसिलेवार पूरा घटनाक्रम 1. नौकरी दिलाने के नाम पर 24.37 लाख की ठगी, आरोपी गिरफ्तारनगर निकायों में सरकारी नौकरी दिलाने का झांसा देकर लाखों रुपए ठगने के मामले में शिवगंज (सिरोही) पुलिस ने तखतगढ़ (पाली) निवासी राकेश जीनगर को गिरफ्तार किया है। उसके खिलाफ 3 जनवरी 2026 को शिवगंज थाने में 24 लाख 37 हजार 583 रुपए की ठगी का मामला दर्ज हुआ था। आरोपी को इससे पहले जालोर पुलिस भी गिरफ्तार कर चुकी है। 2. पुराने रिकॉर्ड का झांसा देकर रुपए लिए, फर्जी जॉइनिंग भी कराईशिवगंज निवासी निर्मल कुमार ने पुलिस को बताया - राकेश जीनगर ने अपने साथियों के साथ मिलकर डीएलबी की 2018 की एलडीसी भर्ती के पुराने रिकॉर्ड के आधार पर स्थायी सरकारी नौकरी दिलाने का झांसा दिया। उसने जयपुर के अधिकारियों से पहचान और विभाग में सीधी पहुंच होने का दावा कर भरोसा जीता। इसके बाद दस्तावेज लेकर रिकॉर्ड तैयार करने, फाइल आगे बढ़ाने और नियुक्ति पत्र जारी कराने के नाम पर सितंबर 2024 से जून 2025 के बीच नकद, बैंक ट्रांसफर और फोन-पे के जरिए कुल 24.37 लाख रुपए ले लिए। 11 मार्च 2025 को वह शिकायतकर्ता को जालोर नगर परिषद लेकर गया, वहां ढाई लाख रुपए नकद लेने के बाद एक नियुक्ति पत्र दिया और शहरी आजीविका मिशन कार्यालय में रजिस्टर पर हस्ताक्षर करवाकर फर्जी जॉइनिंग तक करा दी, ताकि उसे नौकरी लगने का विश्वास हो जाए। 3. नौकरी नहीं मिली तो खुला राज, जांच में नियुक्ति पत्र फर्जी निकलेजब काफी समय बाद भी नौकरी की पुष्टि नहीं हुई तो शिकायतकर्ता ने अपने रुपए वापस मांगे। आरोप है कि राकेश जीनगर टालमटोल करता रहा और धमकियां देने लगा। इसके बाद मामला दर्ज कराया गया। जांच के दौरान सोमवार (6 जुलाई) को शिवगंज पुलिस आरोपी को जालोर नगर परिषद लेकर पहुंची और उसके दिए गए नियुक्ति पत्रों की जांच कराई। नगर परिषद के अधिकारियों ने स्पष्ट कर दिया कि नियुक्ति पत्र विभाग की ओर से जारी नहीं किए गए थे और पूरी तरह फर्जी हैं। 4. जमानत पर बाहर आने के बाद फिर पकड़ा गया आरोपीजालोर पुलिस की गिरफ्तारी के बाद आरोपी 3 जुलाई को जमानत पर बाहर आया था। इसके बाद शिवगंज पुलिस ने इस मामले में जांच तेज की और शनिवार को उसे गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में सामने आए तथ्यों के आधार पर पुलिस उसे नगर परिषद ले गई, जहां दस्तावेजों का सत्यापन कराया गया। पुलिस अब मामले से जुड़े अन्य पहलुओं और संभावित पीड़ितों की भी जांच कर रही है। 5. कई और युवकों से भी ठगी, किसी ने प्लॉट बेचा तो किसी ने गहने गिरवी रखेपुलिस जांच में सामने आया कि आरोपी ने कई अन्य युवकों से भी सरकारी नौकरी दिलाने के नाम पर रुपए लिए। शिकायतकर्ता निर्मल कुमार ने 24.37 लाख रुपए जुटाने के लिए अपना प्लॉट बेच दिया, बाद में केसीसी और गोल्ड लोन भी लेना पड़ा। आहोर थाना क्षेत्र के रणछोड़ और मुकेश ने जमीन गिरवी रखकर 3-3 लाख रुपए दिए। तखतगढ़ के पारसमल ने दादी के गहने गिरवी रखकर 5.5 लाख रुपए दिए, जबकि लालाराम ने जमीन बेचकर लाखों रुपए दिए। पारसमल और लालाराम ने तखतगढ़ थाने में अलग-अलग मामले दर्ज कराए हैं, जिनमें आरोपी की गिरफ्तारी अभी बाकी है। --- यह खबर भी पढ़े… लाखों में सरकारी नौकरी बांटने वाला ठग कोर्ट में पेश:हंसते हुए आया, 3 दिन के रिमांड पर भेजा; पैसे लेकर दिए थे फर्जी नियुक्ति पत्र जालोर में 4 साल से बांट रहा था फर्जी नौकरियां:अब तक 30 पीड़ितों को ठगा, 200 लोगों से करोड़ों रुपए वसूले फर्जी सरकारी नौकरियां बांटने वाला पकड़ा:जयपुर नगर निगम की फर्जी मेल से भेजता था जॉइनिंग लेटर
मुरैना जिले के सबलगढ़ थाने में पदस्थ एक सहायक उपनिरीक्षक (एएसआई) का सोमवार को रिश्वत मांगने का वीडियो सामने आया है। वीडियो में एएसआई मारपीट के एक मामले के आरोपियों को कार्रवाई और जेल भेजने का डर दिखाते हुए कथित तौर पर पैसों की मांग करते दिखाई दे रहे हैं। वीडियो वायरल होने के बाद पुलिस अधीक्षक ने तत्काल कार्रवाई करते हुए एएसआई को निलंबित कर विभागीय जांच के आदेश दिए हैं। कहा- थाने से ही माामला समाप्त कर देंगेजानकारी के अनुसार सबलगढ़ थाने में पदस्थ एएसआई रामबाबू निवोरिया का एक कथित वीडियो सोशल मीडिया पर सामने आया है। वीडियो में वह आरोपियों से बातचीत के दौरान थाना प्रभारी का नाम लेकर कार्रवाई का भय दिखाते हुए कथित तौर पर 10 हजार, 20 हजार, 25 हजार और 50 हजार रुपए तक की रकम की बात करते सुनाई दे रहे हैं। वीडियो में कथित रूप से एएसआई यह कहते हुए सुनाई देते हैं कि यदि पैसे दिए जाएं तो मामला थाने से ही समाप्त कराया जा सकता है, अन्यथा आरोपियों को जेल भेज दिया जाएगा। बातचीत के दौरान सामने वाला व्यक्ति उनसे पूछता है कि इसके लिए क्या करना होगा, जिस पर एएसआई कथित रूप से अलग-अलग रकम का उल्लेख करते हैं। एसपी ने तत्काल सस्पेंड कियावीडियो सामने आने के बाद पुलिस अधीक्षक धर्मराज मीणा ने तत्काल मामले का संज्ञान लिया। उन्होंने एएसआई रामबाबू निवोरिया को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। एसपी धर्मराज मीणा ने बताया कि वायरल वीडियो में एएसआई द्वारा कार्रवाई का डर दिखाकर कथित रूप से पैसों की मांग किए जाने का मामला सामने आया है। प्रथम दृष्टया मामला गंभीर प्रतीत होने पर उन्हें निलंबित कर दिया गया है। पूरे प्रकरण की विभागीय जांच सबलगढ़ एसडीओपी को सौंपी गई है। जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल पुलिस विभाग वीडियो की सत्यता और उससे जुड़े सभी तथ्यों की जांच कर रहा है।
लखनऊ में फ्लैट में देर रात लगी आग:फायर की दो गाड़ियों ने कड़ी मशक्कत के बाद पाया काबू, सामान जलकर राख
लखनऊ के अलीगंज स्थित गल्लामंडी के ओ-ब्लॉक स्थित 105 एल्डिको अपार्टमेंट में मंगलवार देर रात करीब 2 बजे भीषण आग लग गई। आग की लपटें उठते ही अपार्टमेंट में अफरा-तफरी मच गई। स्थानीय लोगों ने तत्काल पुलिस और फायर ब्रिगेड को सूचना दी। सूचना मिलते ही उप निरीक्षक शेषमणि मिश्रा पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे और रेस्क्यू अभियान शुरू कराया। फायर ब्रिगेड और SDRF की कई टीमों ने संयुक्त रूप से राहत एवं बचाव कार्य चलाया। काफी मशक्कत के बाद दमकल कर्मियों ने आग पर पूरी तरह काबू पा लिया। राहत की बात यह रही कि इस हादसे में किसी प्रकार की जनहानि नहीं हुई। फिलहाल आग लगने के कारणों की जांच की जा रही है। शुरुआती तौर पर आग लगने की वजह शॉर्ट सर्किट बताई जा रही है।
जयपुर में मानसून की शुरुआती बारिश में ही सड़क, सीवरेज, अतिक्रमण और जलभराव से लोग परेशान हो गए हैं। राजधानी में टूटी सड़कें और चोक सीवरेज सबसे बड़ी समस्या बन चुके हैं। सांगानेर में श्मशान भूमि तक जाने वाला रास्ता भी कीचड़ और पानी से भरा है। वहीं कनकपुरा में स्कूली बच्चों को अतिक्रमण के कारण हो रहे जलभराव से रोज संघर्ष कर स्कूल पहुंचाना पड़ रहा है। रही सही कसर बारिश से हुए गड्ढे और ओवरफ्लो सीवरेज ने पूरी कर दी है। हालांकि कुछ मामलों में जिम्मेदारों ने समस्या का समाधान करवाकर लोगों को राहत भी दी है। एक नजर डालते हैं लोगों की पोस्ट की गई ऐसी ही समस्याओं पर जो रोजमर्रा की जिंदगी को गहराई से प्रभावित कर रही हैं… अतिक्रमण के कारण जलभराव जयपुर के कनकपुरा से हंसराज काजला ने अतिक्रमण के कारण हो रहे जलभराव और स्कूली बच्चों की परेशानी पोस्ट की है। उन्होंने पोस्ट में लिखा है कि सिरसी रोड पर आदिनाथ नगर में स्कॉटेल हाई स्कूल के मुख्य गेट पर अतिक्रमण के कारण छात्रों और अभिभावकों को बहुत परेशानी होती है। बारिश के दिनों में तो यहां पैदल आना–जाना भी मुश्किल हो जाता है। श्मशान भूमि का रास्ता खराब 'भास्कर समाधान' पर राजेन्द्र प्रसाद यादव ने सांगानेर के शिकारपुरा से जुड़ी एक समस्या पोस्ट की है। उन्होंने लिखा है कि शिकारपुरा में श्मशान घाट जाने वाला रास्ता बारिश में इस कदर खस्ताहाल और कीचड़ से भर जाता है कि पैदल चलना मुश्किल हो जाता है। अंतिम यात्रा के लिए आने–जाने वालों को यहां बहुत असुविधा होती है। प्रशासन और जनप्रतिनिधी कम से कम इस रास्ते को तो ठीक कराकर स्थानीय लोगों को राहत दें। बारिश से हुआ सड़क में गड्ढा टोंक फाटक की वसुंधरा कॉलोनी से पुष्पेंद्र ने गली नंबर चार की समस्या हमें पोस्ट की है। उन्होंने बताया कि बारिश में कॉलोनी की गली नंबर 4 में सड़क के किनारे गड्ढा हो गया है। रात के अंधेरे या पानी भर जाने की स्थिति में इस गड्ढे में गिरने से कोई भी घायल हो सकता है। इस गड़्ढे को जल्द भरकर पानी के निकास को सही करवाया जाए। सीवरेज ओवरफ्लो, सड़क पर जमा गंदगी आमेर रोड की चंद्र नगर, पारसरामपुरी से महेन्द्र कुमार टेलर ने ओवरफ्लो सीवरेज की समस्या ‘भास्कर समाधान’ पर पोस्ट की है। उन्होंने बताया कि उनके घर के ठीक सामने बने दोनों सीवरेज चैम्बर ओवरफ्लो होकर बह रहे हैं। सारी गंदगी घर के सामने और सड़क पर बह रही है। गंदा बदबूदार पानी जमा होने से दुर्गंध के कारण बहुत असुविधा हो रही है। इस समस्या का जल्द समाधान करवाएं हीं तो मानसून में संक्रमण फैलने का डर बना हुआ है। अब एक नजर उन समस्याओं के समाधान पर जो अधिकारियों की कोशिशों से संभव हुए… पोस्ट के बाद सीवरेज लीकेज सुधारी सोडाला के जमुना नगर इलाके से एक यूजर ने दैनिक भास्कर एप के ‘भास्कर समाधान’ पर अपने क्षेत्र जनता नगर की समस्या लिखकर भेजी थी। उन्होंने बताया कि उनके एरिया में सीवरेज ओवरफ्लो होकर गंदा पानी सड़कों और गलियों में बह रहा है। इस पर कार्रवाई करते हुए वार्ड 42 के निवर्तमान पार्षद दशरथ सिंह ने साफ–सफाई करवा कर सीवरेज लाइन ठीक करवा दी है। निगम उपायुक्त मनीषा बनीं ‘स्टार ऑफिसर’ जयपुर से गौतम मेहरा ने जमुना डेयरी, मेहरा नगर से इलाके की सीवरेज से जुड़ी समस्या पोस्ट की थी। उन्होंने लिखा था कि इलाके में बीते कई महीनों से शिव मंदिर के सामने सीवरेज चेम्बर चोक हो गया है। इससे पानी ओवरफ्लो होकर बाहर बहता है। आने–जने वाले लोगों को इससे काफी असुविध हो रही है। इस पर कार्रवाई करते हुए नगर निगम की उपायुक्त मनीषा यादव ने समाधान करवा दिया है। एप से लोगों को मिल रहा समाधान समस्याएं पोस्ट कर यूजर विभागों को जमीनी हकीकत बता रहे हैं और अधिकारी अपनी टीम से उसका समाधान भी करवा रहे हैं। आप भी अपने क्षेत्र, वार्ड, सेक्टर या गांव की समस्या हमें पोस्ट कर सकते हैं। भास्कर एप पर अपनी समस्या पोस्ट करने लिए यहां क्लिक कीजिए… पब्लिक की आवाज बना ‘भास्कर समाधान’ ‘भास्कर समाधान’ सेगमेंट देशभर में इकलौता ऐसा डिजिटल प्लेटफॉर्म है, जहां शहरवासी सीधे अपने इलाके से जुड़े सिविक इश्यू खुद पोस्ट कर सकते हैं। ये सेगमेंट जनता को अपने गली-मोहल्ले की परेशानियां सीधे विभाग के उच्चाधिकारियों के सामने रखने की सुविधा देता है। लोगों से मिले जबरदस्त रिस्पॉन्स के बाद अब इसे और अधिक प्रभावी, सरल और यूजर-फ्रेंडली बनाया गया है। अब सीधे अधिकारियों तक पहुंच रहीं समस्याएं दैनिक भास्कर के इस सेगमेंट में अधिकारी भी अपने एक्शन के बारे में बता सकेंगे। शिकायत जिस विभाग से संबंधित है, वह अब सीधे उन्हीं अधिकारियों तक पहुंचेगी। इसके बाद अधिकारी उस लोकेशन को मैप पर देख सकेंगे। यदि उन्होंने समाधान कर दिया है तो शिकायतकर्ता को इसकी जानकारी एप के जरिए ही दे सकेंगे या बता सकेंगे कि अभी काम जारी है। अधिकारी चाहें तो जिस यूजर ने शिकायत की है, उसे कॉल भी कर सकते हैं। ‘भास्कर समाधान’ से जुड़ी ये खबरें भी पढ़िए… 1.भास्कर समाधान, कई दिनों से बंद पड़ी स्ट्रीट लाईट चालू:अजमेर में कहीं गंदा पानी, कही पेयजल संकट, सड़क और सीवरेज समस्याओं से जूझ रहे लोग 2.‘भास्कर समाधान’: एक पोस्ट से मिल रहा हल:अजमेर में अधिकारी शिकायतों पर ले रहे एक्शन, यूजर बोले 25 साल से नालियां ठीक नहीं हुईं तो दरगाह बाजार का 15 दिन से गड्ढा 3.‘भास्कर समाधान’: समस्याओं का हल एक पोस्ट से:अधिकारी शिकायतों का खुद करवा रहे समाधान, अजमेर में नाली, सफाई और पानी सबसे बड़ी बुनियादी समस्या 4.भास्कर समाधान का असर; बेसहारा पशुओं की समस्या का निस्तारण:हाईटेंशन लाइन और पानी लीकेज से लोग परेशान, देवेन्द्र सिंह बने आज के 'स्टार ऑफिसर' 5‘भास्कर समाधान’: अधिकारी खुद करवा रहे सॉल्यूशन:दरगाह बाजार में नहीं सुधर रही सफाई व्यवस्था, 6 महीने से खराब हैंडपंप
बीकानेर में पत्नी ने बच्चों के साथ मिलकर पति की पीट पीटकर हत्या कर दी। युवक ससुराल में ही रहता था। घटना के बाद पुलिस ने आरोपी पत्नी को डिटेन किया है। फिलहाल मौत के कारणों की जांच की जा रही है। घटना लूणकरणसर थाना क्षेत्र के हंसेरा गांव में सोमवार रात को हुई। घर में विवाद हुआ, मारपीट का आरोपपुलिस के अनुसार, मूलाराम (50) पुत्र हिराराम, श्रीडूंगरगढ़ क्षेत्र के कुन्तासर गांव का रहने वाला था। वह पिछले कुछ समय से हंसेरा गांव में अपने ससुराल में घर-जमाई के रूप में रह रहा था। सोमवार रात करीब 9 बजे घर में किसी बात को लेकर विवाद हो गया। आरोप है कि विवाद के दौरान मूलाराम के साथ मारपीट की गई, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया। आरोपी पक्ष ही अस्पताल लेकर पहुंचामारपीट के बाद घायल मूलाराम को आरोपी पक्ष ही हॉस्पिटल लेकर पहुंचा। वहां डॉक्टरों ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया। सूचना मिलने पर लूणकरणसर थाना पुलिस अस्पताल पहुंची और शव को कब्जे में लेकर मॉर्च्युरी में रखवा दिया। साथ ही मृतक के परिजनों को घटना की सूचना दी गई। पत्नी डिटेन, पुलिस कर रही पूछताछघटना के बाद पुलिस ने प्रथम दृष्टया मृतक की पत्नी विद्या देवी को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है। फिलहाल पुलिस पूरे घटनाक्रम की जानकारी जुटा रही है और मामले की जांच कर रही है। पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट के बाद होगी आगे की कार्रवाईफिलहाल इस मामले में कोई केस दर्ज नहीं किया गया है। पुलिस का कहना है कि मृतक के परिजनों के आने, उनके बयान दर्ज होने और पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट मिलने के बाद मौत के वास्तविक कारण स्पष्ट होंगे। इसके बाद आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। मामले की सभी पहलुओं से जांच जारी है।
मध्य प्रदेश विधानसभा के मानसून सत्र से पहले स्कूलों से बाहर काम कर रहे 213 सरकारी शिक्षकों का अटैचमेंट खत्म कर दिया गया है। लोक शिक्षण संचालनालय ने 16 जिलों के जिला शिक्षा अधिकारियों को सभी शिक्षकों को तत्काल उनके मूल पदस्थापना स्थल यानी स्कूलों में वापस भेजने के निर्देश दिए हैं। यह कार्रवाई पिछले साल 30 जुलाई को विधानसभा में सिरोंज से बीजेपी विधायक उमाकांत शर्मा के सवाल के आधार पर हुई जिला स्तरीय समीक्षा के बाद की गई है। शिक्षा विभाग की सूची के अनुसार कई शिक्षक विधायक कार्यालयों में निजी सहायक (पीए) के रूप में और कलेक्टर कार्यालय, जिला पंचायत, निर्वाचन कार्यालय, जिला शिक्षा अधिकारी कार्यालय, जनपद पंचायत, एसडीएम कार्यालय और अन्य प्रशासनिक दफ्तरों में सालों से अटैच होकर काम कर रहे थे। अब सभी को मूल स्कूलों में कार्यभार ग्रहण करने के लिए रिलीव करने के आदेश जारी किए गए हैं। 16 जिलों के 213 शिक्षक स्कूल छोड़ दूसरे दफ्तरों में तैनात लोक शिक्षण संचालनालय की समीक्षा में उज्जैन, देवास, नीमच, शहडोल, दतिया, ग्वालियर, भिंड, श्योपुर, गुना, रीवा, सीधी, कटनी, सिंगरौली, सतना, राजगढ़ और मंडला सहित 16 जिलों के 213 शिक्षकों के संलग्नीकरण का विवरण सामने आया। विभाग ने स्पष्ट किया कि सभी को उनके मूल विद्यालयों में वापस भेजा जाए, ताकि स्कूलों में शिक्षण व्यवस्था प्रभावित न हो। विधायक कार्यालय से लेकर कलेक्टर कार्यालय तक में लगे थे शिक्षक विधानसभा में सवाल के बाद हुई कार्रवाई पिछले विधानसभा सत्र में स्कूलों से बाहर संलग्न शिक्षकों का मुद्दा तारांकित प्रश्न क्रमांक-1108 के माध्यम से उठाया गया था। इसके बाद लोक शिक्षण संचालनालय ने सभी जिलों से जानकारी मंगाई। मानसून सत्र शुरू होने से पहले संचालनालय ने सभी जिला शिक्षा अधिकारियों को संलग्नीकरण समाप्त कर संबंधित शिक्षकों को मूल पदस्थापना वाले विद्यालयों में वापस भेजने के निर्देश दिए हैं। आदेश में कहा- मूल विद्यालय भेजा जाए लोक शिक्षण संचालनालय ने निर्देश दिए हैं कि जिन शिक्षकों का संलग्नीकरण समाप्त किया गया है, उन्हें तत्काल कार्यमुक्त कर मूल विद्यालय भेजा जाए। जिला शिक्षा अधिकारियों को पालन सुनिश्चित कर कार्रवाई की जानकारी संचालनालय को भेजने के निर्देश भी दिए गए हैं। अब जानिए स्कूल छोड़ कहां ड्यूटी कर रहे थे शिक्षक? मंत्रालय में लगी सहायक शिक्षक की ड्यूटी भोपाल के शासकीय प्राथमिक शाला बांसखेडी के सहायक शिक्षक मनीष शर्मा 2015 से मंत्रालय भोपाल में अटैच हैं। भोपाल के शासकीय माध्यमिक शाला छोला के सहायक शिक्षक सुनील धानोरकर 2008 से मंत्रालय में अटैच हैं। भोपाल के शासकीय प्राथमिक पाठशाला परवलिया की प्राथमिक शिक्षिका प्रियंका शर्मा अगस्त 2023 से विमुक्त जाति आश्रम इब्राहिमपुरा, बैरसिया में अटैच हैं। अगस्त 2024 से थे बहोरीबंद विधायक के पीए जबलपुर के शासकीय माध्यमिक शाला उमरिया पठरा के सहायक शिक्षक सुभाग सिंह पटेल बहोरीबंद विधायक के निज सचिव के तौर पर अगस्त 2024 से अटैच हैं। नरसिंहपुर के करेली हायर सेकेण्डरी स्कूल के लेक्चरर आनंद कुमार श्रीवास्तव तेंदूखेड़ा विधायक के यहां अगस्त 2024 से अटैच हैं। जबलपुर के सहायक शिक्षक अजीत द्विवेदी जबलपुर के लोक निर्माण विभाग कार्यालय में जुलाई 2025 से अटैच हैं। कलेक्टर-एसडीएम के दफ्तर में ड्यूटी कर रहे टीचर जबलपुर के गोहलपुर गर्ल्स हायर सेकेण्डरी स्कूल के प्राथमिक शिक्षक दिलीप सिंह ठाकुर जून 2025 से जबलपुर कलेक्टर कार्यालय (भू अभिलेख) में अटैच हैं। कटनी के सुपेली मिडिल स्कूल के सहायक शिक्षक महेन्द्र कुमार झारिया मार्च 2025 से बहोरीबंद एसडीएम कार्यालय में अटैच हैं। नरसिंहपुर स्कूल के शिक्षक भोपाल में अटैच शासकीय उत्कृष्ट विद्यालय नरसिंहपुर के लेक्चरर राजेश्वर नाथ पाठक जून 2009 से मध्य प्रदेश पाठ्यपुस्तक निगम भोपाल में अटैच हैं। नरसिंहपुर के सांदीपनि शासकीय उत्कृष्ट विद्यालय के लेक्चरर पुरूषोत्तम प्रसाद तिवारी जनवरी 2022 से महर्षि पतंजलि संस्कृत संस्थान भोपाल में अटैच हैं।
पर्यटन नगरी अजमेर में बिजली, सड़क, पानी, बेसहारा पशु और सफाई जैसी बुनियादी सुविधाओं की बदहाली से लोग परेशान हैं। अजमेर में सफाई के बाद रोड लाइट और जाम नालियां सबसे बड़ी समस्या हैं। दैनिक भास्कर एप की पहल ‘भास्कर समाधान‘ शहर के लोगों के लिए अपनी आवाज प्रशासन तक पहुंचाने का सशक्त जरिया बन चुका है। लोग अपने वार्ड की समस्याओं के फोटो वीडियो शेयर कर जिम्मेदारों से जवाब मांग रहे हैं। लोगों की समस्याओं के समाधान में ‘भास्कर समाधान‘ भी अहम भूमिका निभा रहा है। विभाग के जिम्मेदार भी लोगों की परेशानियों का हल करने में सहयोग कर रहे हैं। 8 दिन से पानी नहीं, अधिकारी बोले आ रहा अजमेर के लोहागल ग्राम के दुर्गा प्रसाद धर्मशाला रोड वाली गली से बिरम देव ने समस्या पोस्ट की हैं। उन्होंने बताया कि उनके क्षेत्र में साल 2009 से सड़क नहीं बनी है। कचरा भी नियमित रूप से नहीं उठता है। पानी का प्रेशर इतना कम है कि मोटर लगाने के बाद भी पर्याप्त पानी नही मिल पाता है। इन सभी समस्याओं का समाधान करने की बजाय संबंधित विभाग के अधिकारियों ने समाधान जारी है लिखकर इतिश्री कर ली है, जबकि लोग बहुत परेशान हैं। छह परिवार जलभराव के कारण परेशान अजमेर के वैशाली नगर से ऋचा हीरानी ने जलभराव और जाम नालों की समस्या पोस्ट की है। उन्होंने बताया कि चौधरी कॉलोनी के सामने बनी रोड मानसरोवर क्षेत्र को जोड़ती है। इस रोड का ढलान सही नहीं होने के कारण बारिश होने पर मकान संख्या ए–1 से लेकर ए–6 तक घर के आगे इतना जलभराव हो जाता है कि जैसे बाढ़ आ गई है। मकानों में रह रहे परिवारों के साथ इस मुख्य रोड से गुजरने वाला हर व्यक्ति परेशान होता है। कचरे गंदगी से क्षेत्रवासियों का जीना मुहाल दरगाह बाजार के नया बाजार इलाके से स्थानीय लोगों ने सामूहिक रूप से दैनिक भासकर एप के ‘भास्कर समाधान’ पर अपने इलाके की समस्या पोस्ट कर समाधान की अपील की है। उन्होंने पोस्ट के साथ फोटो शेयर कर नया बाजार इलाके में पिंक टॉयलेट के शिलान्यास की हकीकत बयां करते हुए लिखा है कि आज तक सहां न तो टॉयलेट ही बना है न ही नियमित साफ–सफाई ही होती है। इसका जल्द समाधान कर दरगाह बाजार को राहत पहुंचाएं। स्ट्रीट लाइट बंद, अंधेरे में डूबे रास्ते सूरज चौहान ने मीर शाह अली रोड, इंदिरा कॉलोनी, मिर्साली कॉलोनी से अपने एरिया की स्ट्रीट लाइट की समस्या पोस्ट की है। उन्होंने लिखा है कि अंधेरे के कारण तंग गलियों से आना–जाना बहुत मुश्किल हो गया है। बजुर्गों और बच्चों महिलाओं को काफी असुविधा का सामना करना पड़ रहा है। लाइट ठीक करवाकर क्षेत्रावासियों को राहत दें। अब एक नजर उन समस्याओं के समाधान पर जो अधिकारियों की कोशिशों से संभव हुए… पोस्ट के बाद ठीक हुआ सीवरेज का ढक्कन अजमेर के पाल बिचला रोड, कोकिल कुंज से अनिल कुमार ने सीवरेज लाइन के ढक्कन के टुकड़ों में बंट जाने की समस्या पोस्ट की थी। उन्होंने लिखा था कि चैम्बर के ऊपर लगा ढक्कन बड़े वाहनों के गुजरने से टूटकर बीच सड़क ही बिखरा पड़ा है। इससे दोपहिया वाहन चालकों को परेशानी हो रही है। समस्या सामने आने के बाद संबंधित वार्ड के निगम अधिकारी ने नया ढक्कन लगवाकर मरम्मत करा दी है। पार्षद सुनील धानका बने 'पब्लिक के स्टार' यतीश कुमार ने करणी विहार, नेहरु नगर से दिन रात जलती रोड लाइट की समस्या पोस्ट की थी। उन्होंने बताया कि उनके एरिया में एक स्ट्रीट लाइट बीते 10 दिन से लगातार जल रही है। इस पर जवाब मिला कि यह समस्या निगम के अधिकार क्षेत्र में है। करीब 15 दिन बीत जाने के बाद भी जब समाधान नहीं हुआ तो पार्षद सुनील धानका ने पहल कर कर्मचारियों के सहयोग से इस लाइट को ठीक करवा दिया है। समस्या का समाधन हो गया है। एप से लोगों को मिल रहा समाधान समस्याएं पोस्ट कर यूजर विभागों को जमीनी हकीकत बता रहे हैं और अधिकारी अपनी टीम से उसका समाधान भी करवा रहे हैं। आप भी अपने क्षेत्र, वार्ड, सेक्टर या गांव की समस्या हमें पोस्ट कर सकते हैं। भास्कर एप पर अपनी समस्या पोस्ट करने लिए यहां क्लिक कीजिए… पब्लिक की आवाज बना ‘भास्कर समाधान’ ‘भास्कर समाधान’ सेगमेंट देशभर में इकलौता ऐसा डिजिटल प्लेटफॉर्म है, जहां शहरवासी सीधे अपने इलाके से जुड़े सिविक इश्यू खुद पोस्ट कर सकते हैं। ये सेगमेंट जनता को अपने गली-मोहल्ले की परेशानियां सीधे विभाग के उच्चाधिकारियों के सामने रखने की सुविधा देता है। लोगों से मिले जबरदस्त रिस्पॉन्स के बाद अब इसे और अधिक प्रभावी, सरल और यूजर-फ्रेंडली बनाया गया है। अब सीधे अधिकारियों तक पहुंच रहीं समस्याएं दैनिक भास्कर के इस सेगमेंट में अधिकारी भी अपने एक्शन के बारे में बता सकेंगे। शिकायत जिस विभाग से संबंधित है, वह अब सीधे उन्हीं अधिकारियों तक पहुंचेगी। इसके बाद अधिकारी उस लोकेशन को मैप पर देख सकेंगे। यदि उन्होंने समाधान कर दिया है तो शिकायतकर्ता को इसकी जानकारी एप के जरिए ही दे सकेंगे या बता सकेंगे कि अभी काम जारी है। अधिकारी चाहें तो जिस यूजर ने शिकायत की है, उसे कॉल भी कर सकते हैं। ये खबरें भी पढ़िए… 1.भास्कर समाधान, कई दिनों से बंद पड़ी स्ट्रीट लाईट चालू:अजमेर में कहीं गंदा पानी, कही पेयजल संकट, सड़क और सीवरेज समस्याओं से जूझ रहे लोग 2.‘भास्कर समाधान’: एक पोस्ट से मिल रहा हल:अजमेर में अधिकारी शिकायतों पर ले रहे एक्शन, यूजर बोले 25 साल से नालियां ठीक नहीं हुईं तो दरगाह बाजार का 15 दिन से गड्ढा 3.‘भास्कर समाधान’: समस्याओं का हल एक पोस्ट से:अधिकारी शिकायतों का खुद करवा रहे समाधान, अजमेर में नाली, सफाई और पानी सबसे बड़ी बुनियादी समस्या 4.भास्कर समाधान का असर; बेसहारा पशुओं की समस्या का निस्तारण:हाईटेंशन लाइन और पानी लीकेज से लोग परेशान, देवेन्द्र सिंह बने आज के 'स्टार ऑफिसर' 5‘भास्कर समाधान’: अधिकारी खुद करवा रहे सॉल्यूशन:दरगाह बाजार में नहीं सुधर रही सफाई व्यवस्था, 6 महीने से खराब हैंडपंप
उदयपुर में आम लोगों की जरूरतों से जुड़ी सड़क, बिजली, पानी, सफाई और कचरा प्रबंधन जैसी सुविधाएं हाशिये पर खड़ी हैं। शहर के अधिकतर वार्ड इन्हीं समस्याओं से जूझ रहे हैं। लोग ‘भास्कर समाधान’ पर अपने इलाके की समस्या पोस्ट कर समाधान की अपील कर रहे हैं। लोगों की भेजी पोस्ट की बात करें तो विभागों के उलट हकीकत नजर आती है। फतहसागर क्षेत्र में एक यूजर ने पुल से गिरकर कई बेसहारा पशुओं की जान चली जाने की समस्या बताई है। ऐसे ही एक अन्य यूजर ने बताया कि उनके एरिया में पेड़ टूटकर बिजली के तारों पर झूल रहा है। वहीं एक अन्य पोस्ट में गहरी खुली नाली को कवर न करने और सफाई से जुड़ी समस्या हमें शेयर की गई है। शहर के अलग–अलग वार्ड और इलाकों से ‘भास्कर समाधान’ पर लोगों ने ये समस्याएं हमें पोस्ट की हैं, जो आम आदमी के रोज के संघर्ष की एक झलक भर है। लोग सरकारी विभागों की लचर व्यवस्था से ऊब चुके हैं। हालांकि भास्कर समाधान पर इन समस्याओं को प्रमुखता से उठाने पर अधिकारियों ने कई मामलों में समाधान भी करवाए हैं। उदयपुर से आईं कुछ ऐसी ही समस्याओं और उनके समाधानों पर डालते हैं एक नजर.. पुल से गिरकर मर रहे बेसहारा पशु उदयपुर से महेन्द्र सिंह ने रानी रोड, फतहसागर से एक गंभीर समस्या ‘भास्कर समाधान’ पर पोस्ट की है। उन्होंने बताया कि राजीव गांधी पार्क के आगे, फतहपुरा जाने वाले मार्ग पर एक पुल बना हुआ है जो बाउंड्री वॉल न होने से खुला पड़ा है। इससे आए दिन बेसहारा गाय, भैंस, कुत्ते और अन्य जीव गिरकर गंभीर घायल और कई बार मर भी जाते हैं। लेकिन कोई ध्यान नहीं दे रहा है। संभवत: यह जमीन निगम के अंतर्गत आती है। बिजली के तारों पर लटका टूटा पेड़ 'भास्कर समाधान' पर हितेश कुमावत ने लोयरा कैसर बाग के पास नारियों की खादरी (बड़गांव) से एक संवेदनशील मामला उठाया है। उन्होंने बताया कि यहां एक पेड़ टूटकर बिजली के तारों पर आकर गिरा हुआ है। तारों के टूटने का डर तो बना ही हुआ है आते–जाते राहगीरों की जान को भी बरसात में खतरा है। बारिश और तेज हवाओं के कारण तारों में लगातार स्पार्किंग भी हो रही है। निगम ने गहरी नाली को खुला छोड़ा पुराेहितों की मांदड़ी, रोड नंबर 4 से गौरवदीप चौबीसा ने समस्या पोस्ट की है। उन्होंने लिखा की क्षेत्र के हंसा किराना स्टोर के पास सड़क के बिल्कूल किनारे एक गहरी लंबी नाली काफी समय से खुली पड़ी है। लेकिन निगम और सफाई कर्मचारी इसे न तो ठीक ही कर रहे हैं न ही इस पर कोई अस्थायी कवर ही लगा रहे हैं। इसमें किसी बेसहारा पशु या बच्चे के गिरने से गहरी चोट लग सकती है। मानसून आया लेकिन नालियां साफ नहीं राजेश सुहालका ने सज्जन नगर के गोवर्धन सागर रिंग रोड से नालियों के साफ न होने का मुद्दा उठाया हे। उन्होंने बताया कि मेरे घर क बाहर बनी नाली ब्लॉक है। निकासी न होने से जमे हुए पानी में मच्छर पनप रहे हैं और दुर्गंध आ रही है। कई बार सफाईकर्मियों को इसकी शिकायत कर चुके लेकिन अब तक न तो सफाई हुई न ही कोई इसे देखने आया। यह समस्या बीते एक महीने से बनी हुई है। आइए अब एक नजर उन समाधानों पर भी डालें, जो विभागीय अधिकारियों ने करवाए हैं.. बंद पड़ी रोड लाइट्स हुईं ठीक उदयपुर से नकुल कुमार ने ठोकर चौराहा से मांदड़ी की ओर जाने वाले रास्ते पर लगी रोड लाइट्स के कई दिनों से बंद होने की समस्या हमें पोस्ट की थी। उन्होंने लिखा था कि इस रास्ते पर रेलवे ब्रिज के आसपास रोड लाइट्स बंद होने से वाहन चालाकों और पैदल आनेजाने वालों को काफी परेशानी होती है। सुनसान एरिया होने से ब्रिज के नीचे लूटपाट की आशंका बनी रहती है जो अंधेरा होने से और बढ़ गई है। इस पर एक्शन लेते हुए संबंधित विभाग ने लाइट्स दुरुस्त कर रास्ते को फिर से रोशन कर दिया है। राजेश घावरी बने ‘स्टार ऑफिसर’ उदयपुर के भुवाना रोड इलाके के रहने वाले जितेंद्र वेद ने धन श्री वाटिका के पास गंदगी का ढेर जमा होने की समस्या ‘भास्कर समाधान’ पर पोस्ट की थी। उन्होंने लिखा था कि यहां काफी दिनों से कचरा पड़ा हुआ है। लोगों को मना करने के बाद भी यहां कचरा डाल रहे हैं। निगम भी नियमित सफाई नहीं करवा रहा। इस समस्या पर एक्शन लेते हुए निगम के जोन-2 के सुपरवाइजर राजेश घावरी ने इसका समाधान कर मौके पर सफाई करवा दी है। एप से लोगों को मिल रहा समाधान समस्याएं पोस्ट कर यूजर विभागों को जमीनी हकीकत बता रहे हैं और अधिकारी अपनी टीम से उसका समाधान भी करवा रहे हैं। आप भी अपने क्षेत्र, वार्ड, सेक्टर या गांव की समस्या हमें पोस्ट कर सकते हैं। भास्कर एप पर अपनी समस्या पोस्ट करने लिए यहां क्लिक कीजिए… पब्लिक की आवाज बना ‘भास्कर समाधान’ ‘भास्कर समाधान’ सेगमेंट देशभर में इकलौता ऐसा डिजिटल प्लेटफॉर्म है, जहां शहरवासी सीधे अपने इलाके से जुड़े सिविक इश्यू खुद पोस्ट कर सकते हैं। ये सेगमेंट जनता को अपने गली-मोहल्ले की परेशानियां सीधे विभाग के उच्चाधिकारियों के सामने रखने की सुविधा देता है। लोगों से मिले जबरदस्त रिस्पॉन्स के बाद अब इसे और अधिक प्रभावी, सरल और यूजर-फ्रेंडली बनाया गया है। अब सीधे अधिकारियों तक पहुंच रहीं समस्याएं दैनिक भास्कर के इस सेगमेंट में अधिकारी भी अपने एक्शन के बारे में बता सकेंगे। शिकायत जिस विभाग से संबंधित है, वह अब सीधे उन्हीं अधिकारियों तक पहुंचेगी। इसके बाद अधिकारी उस लोकेशन को मैप पर देख सकेंगे। यदि उन्होंने समाधान कर दिया है तो शिकायतकर्ता को इसकी जानकारी एप के जरिए ही दे सकेंगे या बता सकेंगे कि अभी काम जारी है। अधिकारी चाहें तो जिस यूजर ने शिकायत की है, उसे कॉल भी कर सकते हैं। 'भास्कर समाधान' से जुड़ीं ये खबरें भी पढ़िए… 1.‘भास्कर समाधान’: अधिकारियों तक सीधे पहुंच रही समस्या:नलों से आ रहा बदबूदार पानी, सीवर ओवरफ्लो, आश्रम क्षेत्र में बच्चों को काट रहे बेसहारा कुत्ते 2.भास्कर समाधान का असर; बेसहारा पशुओं की समस्या का निस्तारण:हाईटेंशन लाइन और पानी लीकेज से लोग परेशान, देवेन्द्र सिंह बने आज के 'स्टार ऑफिसर' 3.‘भास्कर समाधान’: अधिकारी खुद करवा रहे सॉल्यूशन:दरगाह बाजार में नहीं सुधर रही सफाई व्यवस्था, 6 महीने से खराब हैंडपंप 4.कब होगी पानी की सप्लाई, मोबाइल पर मिलेगा अपडेट:‘भास्कर समाधान’ सेगमेंट में समस्या सामने आने के बाद SE ने दिए निर्देश 5.अजमेर में 'भास्कर समाधान' पर उठी आवाज:पानी, सफाई और जलभराव की समस्याओं से जूझ रहे लोग, कई शिकायतों के बाद मिली राहत 6.‘भास्कर समाधान’, अधिकारी खुद सुलझा रहे समस्या:10 दिन से स्ट्रीट लाइट बंद, नालियां जाम, घर के आगे ठेले खडे़ कर रहे सफाई कर्मचारी, सड़क बनने का इंतजार 7.‘भास्कर समाधान’, सरकारी विभाग आए एक्शन में:अधिकारी खुद कर रहे मॉनिटरिंग, 4 महीने से स्ट्रीट लाइट खराब, सफाई नहीं हो रही, पुलिया के नीचे सड़क जर्जर
जोधपुर दैनिक भास्कर के 'भास्कर समाधान' पर शहरवासी लगातार अपनी रोजमर्रा की समस्याएं पोस्ट कर रहे हैं। इन शिकायतों के जरिए प्रशासन तक लोगों की आवाज पहुंच रही है और कई मामलों में संबंधित विभाग कार्रवाई भी कर रहे हैं। इस बार बारिश में जलभराव, बंद स्ट्रीट लाइट, ट्रांसफॉर्मर के पास फैली गंदगी और खुले तार, तथा सड़क पर जमा गंदे पानी जैसी समस्याएं सामने आई हैं। वहीं, सीवर लाइन जाम और कई महीनों से बिजली कटौती व कम वोल्टेज की दो समस्याओं का समाधान होने से क्षेत्रवासियों ने राहत की सांस ली है। भास्कर एप पर अपनी समस्या पोस्ट करने लिए यहां क्लिक कीजिए… बारिश में जलभराव बना मुसीबत, स्कूली बच्चों और राहगीरों की बढ़ी परेशानी वार्ड संख्या 80, दक्षिण कनेरिया नगर मिनी मार्केट क्षेत्र के निवासी पारस आचार्य ने बताया कि सड़क निर्माण के दौरान बारिश के पानी की निकासी की उचित व्यवस्था नहीं की गई। इसके चलते बारिश होते ही सड़क पर पानी भर जाता है। जलभराव के कारण स्कूली बच्चों, राहगीरों और वाहन चालकों को रोजाना परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। स्थानीय लोगों ने नगर निगम से जल निकासी की स्थायी व्यवस्था कराने की मांग की है। स्ट्रीट लाइट बंद होने से रात में अंधेरे का डर, लोगों ने लगाई गुहार चोपासनी हाउसिंग बोर्ड क्षेत्र के निवासी लोकेश रायसिंघानी ने मोहल्ले में लंबे समय से स्ट्रीट लाइट बंद होने की समस्या उठाई है। उन्होंने बताया कि घर के बाहर लगे बिजली के खंभे पर लाइट ही नहीं है, जिससे रात के समय पूरा इलाका अंधेरे में डूबा रहता है। इससे राहगीरों और स्थानीय लोगों को सुरक्षा संबंधी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने जल्द नई स्ट्रीट लाइट लगाने की मांग की है। ट्रांसफॉर्मर के पास खुले तार और गंदगी से हादसे का खतरा बढ़ा श्रीकृष्ण नगर स्थित वृंदावन गार्डन क्षेत्र के रतन लाल जैन ने ट्रांसफॉर्मर के आसपास फैली गंदगी और खुले पड़े बिजली के तारों की समस्या उठाई है। उनका कहना है कि इस स्थिति से कभी भी बड़ा हादसा हो सकता है। स्थानीय लोगों ने संबंधित विभाग से ट्रांसफॉर्मर परिसर की सफाई कराने और खुले तारों को सुरक्षित करने की मांग की है। चार दिन से सड़क पर भरा गंदा पानी, लोगों का घर से निकलना हुआ मुश्किल सी रोड, नवचौकिया क्षेत्र के कोलरी मोहल्ले के निवासियों ने बताया कि पिछले चार दिनों से सड़क पर गंदा पानी जमा है और सफाई भी नहीं हो रही है। इससे बदबू फैल रही है और लोगों का पैदल निकलना भी मुश्किल हो गया है। स्थानीय लोगों ने नगर निगम से तत्काल सफाई करवाकर जलभराव की समस्या दूर करने की मांग की है। सीवर लाइन की समस्या का हुआ समाधान, कॉलोनीवासियों को मिली राहत मां भवानी मंदिर मार्ग स्थित सैन कॉलोनी के निवासी राकेश ने क्षेत्र में बार-बार सीवर लाइन जाम होने की समस्या उठाई थी। उनका कहना था कि हर दूसरे दिन सीवर ओवरफ्लो होने से गंदा पानी सड़क पर फैल जाता था, जिससे मोहल्लेवासियों को परेशानी होती थी और बच्चों का घर से बाहर निकलना भी मुश्किल हो गया था। समस्या के बाद नगर निगम ने मामले में कार्रवाई करते हुए सीवर लाइन की सफाई कर समस्या का समाधान कर दिया। समस्या के निस्तारण के बाद क्षेत्रवासियों को राहत मिली और आवागमन भी सुचारू हो गया। कई महीनों से बिजली कटौती और कम वोल्टेज की समस्या का हुआ समाधान पाल गांव निवासी दीपक सिंह सिसोदिया द्वारा क्षेत्र में लगातार बिजली कटौती और कम वोल्टेज की समस्या उठाई गई थी। उन्होंने बताया था कि कई महीनों से नियमित बिजली कटौती और कम वोल्टेज के कारण लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा था। समस्या के बाद डिस्कॉम ने मामले में कार्रवाई करते हुए बिजली आपूर्ति सुचारू कर दी। समस्या के समाधान के बाद क्षेत्रवासियों को राहत मिली और बिजली व्यवस्था में सुधार होने से लोगों की दैनिक परेशानियां भी कम हुई हैं। आज के स्टार ऑफिसर: राजेंद्र सिंह जोधपुर भास्कर समाधान के तहत आज के स्टार ऑफिसर डिस्कॉम कॉल सेंटर इंचार्ज राजेंद्र सिंह रहे। पाल गांव निवासी दीपक सिंह सिसोदिया ने भास्कर समाधान पर क्षेत्र में लगातार बिजली कटौती और कम वोल्टेज की समस्या पोस्ट की थी। उन्होंने बताया था कि कई महीनों से बार-बार बिजली जाने और कम वोल्टेज के कारण लोगों को रोजमर्रा के कामों में परेशानी हो रही थी। समस्या सामने आने के बाद डिस्कॉम कॉल सेंटर इंचार्ज राजेंद्र सिंह ने मामले को गंभीरता से लेते हुए संबंधित अधिकारियों से समन्वय कर आवश्यक कार्रवाई करवाई। इसके बाद क्षेत्र में बिजली आपूर्ति सुचारू हुई और कम वोल्टेज की समस्या का समाधान हो गया। समस्या के निस्तारण के बाद क्षेत्रवासियों ने राहत जताई और त्वरित कार्रवाई के लिए विभाग का आभार व्यक्त किया। पब्लिक की आवाज बना ‘भास्कर समाधान’ ‘भास्कर समाधान’ सेगमेंट देशभर में इकलौता ऐसा डिजिटल प्लेटफॉर्म है, जहां शहरवासी सीधे अपने इलाके से जुड़े सिविक इश्यू खुद पोस्ट कर सकते हैं। ये सेगमेंट जनता को अपने गली-मोहल्ले की परेशानियां सीधे विभाग के उच्चाधिकारियों के सामने रखने की सुविधा देता है। लोगों से मिले जबरदस्त रिस्पॉन्स के बाद अब इसे और अधिक प्रभावी, सरल और यूजर-फ्रेंडली बनाया गया है। अब सीधे अधिकारियों तक पहुंच रहीं समस्याएं दैनिक भास्कर के इस सेगमेंट में अधिकारी भी अपने एक्शन के बारे में बता सकेंगे। शिकायत जिस विभाग से संबंधित है, वह अब सीधे उन्हीं अधिकारियों तक पहुंचेगी। इसके बाद अधिकारी उस लोकेशन को मैप पर देख सकेंगे। यदि उन्होंने समाधान कर दिया है तो शिकायतकर्ता को इसकी जानकारी एप के जरिए ही दे सकेंगे या बता सकेंगे कि अभी काम जारी है। अधिकारी चाहें तो जिस यूजर ने शिकायत की है, उसे कॉल भी कर सकते हैं। 'भास्कर समाधान' से जुड़ीं ये खबरें भी पढ़िए… 1.‘भास्कर समाधान’ पर एक क्लिक में हल:श्रीराम कॉलोनी में 5 साल से स्ट्रीट लाइट का इंतजार, यूआईटी कॉलोनी में सीवर चोक तो कहीं अतिक्रमण से जाम 2.‘भास्कर समाधान’: अधिकारियों तक सीधे पहुंच रही समस्या:नलों से आ रहा बदबूदार पानी, सीवर ओवरफ्लो, आश्रम क्षेत्र में बच्चों को काट रहे बेसहारा कुत्ते 3.भास्कर समाधान का असर; बेसहारा पशुओं की समस्या का निस्तारण:हाईटेंशन लाइन और पानी लीकेज से लोग परेशान, देवेन्द्र सिंह बने आज के 'स्टार ऑफिसर' 4.‘भास्कर समाधान’: अधिकारी खुद करवा रहे सॉल्यूशन:दरगाह बाजार में नहीं सुधर रही सफाई व्यवस्था, 6 महीने से खराब हैंडपंप 5.कब होगी पानी की सप्लाई, मोबाइल पर मिलेगा अपडेट:‘भास्कर समाधान’ सेगमेंट में समस्या सामने आने के बाद SE ने दिए निर्देश 6.अजमेर में 'भास्कर समाधान' पर उठी आवाज:पानी, सफाई और जलभराव की समस्याओं से जूझ रहे लोग, कई शिकायतों के बाद मिली राहत 7.‘भास्कर समाधान’, अधिकारी खुद सुलझा रहे समस्या:10 दिन से स्ट्रीट लाइट बंद, नालियां जाम, घर के आगे ठेले खडे़ कर रहे सफाई कर्मचारी, सड़क बनने का इंतजार 8.‘भास्कर समाधान’, सरकारी विभाग आए एक्शन में:अधिकारी खुद कर रहे मॉनिटरिंग, 4 महीने से स्ट्रीट लाइट खराब, सफाई नहीं हो रही, पुलिया के नीचे सड़क जर्जर
दैनिक भास्कर के भास्कर समाधान सेगमेंट पर शहरवासी लगातार अपनी समस्याएं पोस्ट कर प्रशासन का ध्यान आकर्षित कर रहे हैं। इस बार लोगों ने टूटी सड़कों, बारिश के पानी की निकासी और नाली निर्माण जैसी मूलभूत समस्याओं को उठाया। वहीं, भास्कर समाधान पर प्रकाशित दो शिकायतों का संबंधित विभाग ने समाधान भी कर दिया, जिससे क्षेत्रवासियों को राहत मिली। भास्कर एप पर अपनी समस्या पोस्ट करने लिए यहां क्लिक कीजिए… कटराथल में जलभराव से बढ़ी राहगीरों की परेशानी कटराथल के एसएएफ-8 क्षेत्र में हल्की बारिश होते ही सड़क पर जलभराव की समस्या से लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। क्षेत्र निवासी हितेश्वर नेहरा ने बताया कि सड़क पर पानी भर जाने से दोपहिया और चारपहिया वाहनों की आवाजाही प्रभावित होती है, जबकि बाइक सवारों के फिसलने का खतरा भी बना रहता है। महिलाओं, बुजुर्गों और स्कूली बच्चों को विशेष रूप से दिक्कतों का सामना करना पड़ता है। स्थानीय लोगों ने संबंधित विभाग से जल निकासी व्यवस्था में सुधार कर इस समस्या का स्थायी समाधान करने की मांग की है। रोशनगंज मोहल्ले में बदहाल सड़क से लोग परेशान मोचीवाड़ा रोड से अब्दुल रहमान ने भास्कर समाधान पर समस्या पोस्ट कर बताया कि रोशनगंज मोहल्ला, वार्ड नंबर-3 की सड़क लंबे समय से जर्जर हालत में है। सड़क पर जगह-जगह गड्ढे बने हुए हैं, जिससे पैदल राहगीरों और वाहन चालकों को रोजाना परेशानी का सामना करना पड़ता है। लोगों का कहना है कि बरसात में स्थिति और खराब हो जाती है तथा दुर्घटना का खतरा बना रहता है। उन्होंने जल्द सड़क की मरम्मत कराने की मांग की है। बारिश का पानी सड़क पर भरने से आवागमन प्रभावित पलवास रोड से गिरधारी ने समस्या पोस्ट कर बताया कि बारिश के बाद पूरी सड़क पर पानी भर जाता है। जल निकासी की उचित व्यवस्था नहीं होने के कारण लोगों को आने-जाने में काफी परेशानी होती है। दोपहिया वाहन चालकों को फिसलने का डर बना रहता है और राहगीरों को भी पानी से होकर गुजरना पड़ता है। क्षेत्रवासियों ने स्थायी जल निकासी व्यवस्था बनाने की मांग की है। सड़क और नाली नहीं होने से बढ़ी परेशानी टोडी नगर से प्रह्लाद राम ने भास्कर समाधान पर समस्या पोस्ट कर बताया कि उनके क्षेत्र में अब तक सड़क और नाली का निर्माण नहीं हुआ है। बारिश के दौरान रास्ते पर कीचड़ और पानी भर जाता है, जिससे लोगों का निकलना मुश्किल हो जाता है। स्थानीय लोगों ने जल्द सड़क और नाली निर्माण कराने की मांग की है। जलभराव की समस्या का हुआ समाधान फतेहपुर रोड से अनिल शेखीसर ने भास्कर समाधान पर समस्या पोस्ट कर बताया था कि आनंद नगर में बारिश का पानी सड़क पर जमा हो जाता था। पानी निकासी की उचित व्यवस्था नहीं होने से लोगों को काफी परेशानी होती थी। समस्या के बाद संबंधित विभाग ने आवश्यक कार्रवाई कर जल निकासी की व्यवस्था दुरुस्त की और समस्या का समाधान कर दिया। अब सड़क पर पानी जमा नहीं हो रहा है, जिससे क्षेत्रवासियों को राहत मिली है। बंद पड़ी स्ट्रीट लाइट हुई ठीक चांदपोल से हाजीद अहमद अली ने समस्या पोस्ट कर बताया था कि उनके क्षेत्र की स्ट्रीट लाइट कई दिनों से बंद पड़ी थी। रात के समय अंधेरा रहने से लोगों को आवागमन में परेशानी हो रही थी। समस्या के बाद संबंधित विभाग ने स्ट्रीट लाइट को ठीक कर दिया। अब क्षेत्र में रोशनी की व्यवस्था बहाल हो गई है और लोगों ने राहत जताई है। आज के स्टार ऑफिसर: जेईएन सुरेंद्र गोदारा भास्कर समाधान के तहत आज के स्टार ऑफिसर जेईएन सुरेंद्र गोदारा रहे। फतेहपुर रोड से अनिल शेखीसर ने आनंद नगर में सड़क पर जलभराव की समस्या पोस्ट की थी। समस्या सामने आने के बाद जेईएन सुरेंद्र गोदारा ने मामले को गंभीरता से लेते हुए संबंधित टीम को आवश्यक निर्देश दिए। उनके प्रयासों से जल निकासी व्यवस्था में सुधार किया गया और सड़क पर पानी भरने की समस्या का समाधान कराया गया। समय पर कार्रवाई से क्षेत्रवासियों को बड़ी राहत मिली और लोगों ने विभाग की त्वरित पहल की सराहना की। पब्लिक की आवाज बना ‘भास्कर समाधान’ ‘भास्कर समाधान’ सेगमेंट देशभर में इकलौता ऐसा डिजिटल प्लेटफॉर्म है, जहां शहरवासी सीधे अपने इलाके से जुड़े सिविक इश्यू खुद पोस्ट कर सकते हैं। ये सेगमेंट जनता को अपने गली-मोहल्ले की परेशानियां सीधे विभाग के उच्चाधिकारियों के सामने रखने की सुविधा देता है। लोगों से मिले जबरदस्त रिस्पॉन्स के बाद अब इसे और अधिक प्रभावी, सरल और यूजर-फ्रेंडली बनाया गया है। अब सीधे अधिकारियों तक पहुंच रहीं समस्याएं दैनिक भास्कर के इस सेगमेंट में अधिकारी भी अपने एक्शन के बारे में बता सकेंगे। शिकायत जिस विभाग से संबंधित है, वह अब सीधे उन्हीं अधिकारियों तक पहुंचेगी। इसके बाद अधिकारी उस लोकेशन को मैप पर देख सकेंगे। यदि उन्होंने समाधान कर दिया है तो शिकायतकर्ता को इसकी जानकारी एप के जरिए ही दे सकेंगे या बता सकेंगे कि अभी काम जारी है। अधिकारी चाहें तो जिस यूजर ने शिकायत की है, उसे कॉल भी कर सकते हैं। ये खबरें भी पढ़िए…. 1.भास्कर समाधान: लाइट की समस्या का हुआ समाधान:सीकर में पानी, बिजली, सड़क और स्ट्रीट लाइट की समस्याओं से लोग परेशान 2.भास्कर समाधान: कचरा हटने पर लोगों को मिली राहत:आवारा पशुओं का आतंक, अंधेरे में डूबी गलियां और सड़क पर गहरे गड्ढे से बढ़ी परेशानी 3.सीकर में नाली, सड़क से जुड़ी समस्याओं का हुआ समाधान:नालों की सफाई, सड़क, स्ट्रीट लाइट और पेयजल की समस्याओं से लोग परेशान 4.भास्कर समाधान : स्ट्रीट लाइट की समस्या का हुई हल:शहर में सड़क, नाली, स्ट्रीट लाइट और पानी की समस्याओं से परेशान, सुरेंद्र जाट बने आज के 'स्टार ऑफिसर' 5.भास्कर समाधान: गोकुलपुरा में खुले में फैला कचरा हटाया:पेयजल रिसाव, गंदी नालियां, टूटी सड़कें और बंद स्ट्रीट लाइट से शहरवासी परेशान, अमित स्वामी बने आज के 'स्टार ऑफिसर' 6.‘भास्कर समाधान’ से एक क्लिक पर मिलता हल:कहीं 7 साल में 30 दिन ही जली लाइट, तो कहीं सड़क के बीच जानलेवा गड्ढे से हादसे का खतरा 7.'भास्कर समाधान' का बड़ा असर:कहीं बरसों पुराना जानलेवा गड्ढा हुआ दुरुस्त, तो कहीं दूर हुई लो-वोल्टेज की समस्या 8.सीकर में 'भास्कर समाधान' का असर:AEN नीरज कुमारी ने दूर की पानी की किल्लत, सीवर और कचरे से जूझ रहे शहर को मिली राहत 9.सीकर में खुली समस्याओं की पोल:एक तरफ ट्रांसफॉर्मर का खौफ, तो दूसरी तरफ लाइट चालू और सड़क निर्माण के साथ एक्शन में आया प्रशासन 10.सीकर में 'भास्कर समाधान' का असर:सीवर लाइन दुरुस्त होने से राहत, कचरे से अटी नाली साफ, नगर परिषद AEN अमित स्वामी बने ‘स्टार ऑफिसर’
छत्तीसगढ़ में मानसून पूरी तरह एक्टिव है। पिछले 24 घंटे के दौरान प्रदेश के कई हिस्सों में बारिश हुई, जबकि मध्य छत्तीसगढ़ के कई इलाकों में भारी बारिश दर्ज की गई। मौसम विभाग ने आज (मंगलवार) भी मध्य और उत्तर छत्तीसगढ़ के एक-दो स्थानों पर भारी बारिश, गरज-चमक और बिजली गिरने की चेतावनी जारी की है। मौसम विभाग के अनुसार, दक्षिण झारखंड और उससे लगे उत्तरी ओडिशा के अंदरूनी हिस्सों में बने लो प्रेशर सिस्टम के प्रभाव से प्रदेश में लगातार बारिश हो रही है। यह सिस्टम अगले 24 घंटे में उत्तरी ओडिशा से होते हुए उत्तरी छत्तीसगढ़ की ओर बढ़ेगा, जिससे कई इलाकों में तेज बारिश की संभावना बनी हुई है। हालांकि, विभाग का अनुमान है कि कल यानी 8 जुलाई से प्रदेशभर में बारिश की गतिविधियों और उसकी तीव्रता में धीरे-धीरे कमी आने लगेगी। अब तक 18% कम बारिश छत्तीसगढ़ में 1 जून से 6 जुलाई 213 मिमी (8.3 इंच) वर्षा दर्ज की गई है, जबकि इस अवधि का सामान्य औसत 258.3 मिमी (10.1 इंच) है। यानी प्रदेश में अब तक 18% कम बारिश हुई है। हालांकि राज्य को अभी भी सामान्य l श्रेणी में रखा गया है। रायपुर के मौसम का हाल मौसम विभाग के अनुसार रायपुर में आज (मंगलवार) दिनभर बादल छाए रहेंगे। गरज-चमक के साथ बारिश और तेज हवा चल सकती है। शहर का अधिकतम तापमान 28 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम 24 डिग्री सेल्सियस रहने का अनुमान है। ऐसा रहा तापमान सोमवार को प्रदेश में सबसे अधिकतम तापमान 30.8 डिग्री सेल्सियस पेण्ड्रारोड में दर्ज किया गया, जबकि सबसे कम न्यूनतम तापमान 21 डिग्री सेल्सियस राजनांदगांव में रिकॉर्ड हुआ।
कोटा शहर में मूलभूत सुविधाओं से जुड़ी समस्याएं लगातार लोगों की परेशानी का कारण बनी हुई हैं। अलग-अलग क्षेत्रों से नागरिकों ने जलभराव, जाम नालियां, अधूरे निर्माण कार्य, रेलवे फाटक पर लंबा इंतजार और सड़क पर बने गड्ढों जैसी समस्याएं उठाई हैं। इन हालात के कारण आमजन को रोजाना आवागमन, स्वच्छता और सुरक्षा से जुड़ी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। स्थानीय लोगों का कहना है कि संबंधित विभागों को इन समस्याओं का जल्द समाधान कर नागरिकों को राहत देनी चाहिए, ताकि शहर में आवागमन और स्वच्छता व्यवस्था बेहतर हो सके। भास्कर एप पर अपनी समस्या पोस्ट करने लिए यहां क्लिक कीजिए… जाम चैंबर और नालियों से सड़क पर बह रहा गंदा पानी गुड़ा रोड स्थित जेके कॉलोनी, कैथूना क्षेत्र में चौथमल मीणा ने बताया कि एल-500 अफोर्डेबल आवासीय योजना के पास सीवर और नालियां जाम होने से गंदा पानी व अपशिष्ट सड़क पर फैल रहा है। इससे क्षेत्र में दुर्गंध फैल रही है और लोगों को आने-जाने में परेशानी हो रही है। स्थानीय लोगों ने जल्द सफाई और नियमित रखरखाव की मांग की है। रेलवे फाटक समय से पहले बंद होने से ग्रामीण परेशान पंचमुखी रोड स्थित देवली खुर्द रेलवे फाटक को लेकर लखन ने समस्या उठाई। उनका कहना है कि फाटक ट्रेन आने से करीब एक घंटे पहले ही बंद कर दिया जाता है। वहीं अंडरपास में पानी भरा रहने के कारण वैकल्पिक रास्ता भी उपयोग में नहीं आ पाता। इससे ग्रामीणों और राहगीरों को लंबे समय तक इंतजार करना पड़ता है। सड़क पर गड्ढा बना हादसों का कारण दुर्गा नगर ट्रांसफार्मर के पास बोधराज सिंह ने सड़क पर बने गहरे गड्ढे की ओर ध्यान दिलाया। उनका कहना है कि यह गड्ढा लंबे समय से भरा नहीं गया है और हर साल दुर्घटनाओं का कारण बनता है। दोपहिया वाहन चालकों के लिए यह स्थान विशेष रूप से जोखिम भरा बना हुआ है। नाला निर्माण अधूरा, टूटी सड़क से बढ़ी परेशानी गुमानपुरा रोड स्थित न्यू कॉलोनी में पुनीत ने बताया कि नगर निगम ने 24 अप्रैल 2026 को नाला निर्माण के लिए सड़क खोदी थी, लेकिन कई महीने बीतने के बाद भी कार्य पूरा नहीं हुआ। अधूरे निर्माण के कारण सड़क उबड़-खाबड़ बनी हुई है, जिससे वाहन चालकों और स्थानीय लोगों को रोजाना परेशानी उठानी पड़ रही है। नाले पर लगा अवैध जाल हटाया, राहगीरों को मिली राहत रामपुरा क्षेत्र में नाले पर सड़क से ऊपर तक लगा लोहे का जाल हटाए जाने के बाद स्थानीय लोगों को राहत मिली है। लंबे समय से इस जाल के कारण आमजन को आवागमन में परेशानी हो रही थी और अतिक्रमण की स्थिति भी बनी हुई थी। समस्या का समाधान होने के बाद लोगों ने राहत की सांस ली है। रामपुरा निवासी आकिफ जावेद ने भास्कर समाधान पर समस्या पोस्ट कि नाले पर सड़क से ऊपर तक लोहे का जाल लगा होने से रास्ता संकरा हो गया था। इसके कारण लोगों के आने-जाने में दिक्कत होती थी और आसपास अतिक्रमण भी बढ़ रहा था। शिकायत के बाद संबंधित विभाग ने कार्रवाई करते हुए जाल को हटवा दिया। भरी हुई नालियों की हुई सफाई, महावीर नगर के लोगों को मिली राहत संतोषी नगर निवासी अजय कुमार ने भास्कर समाधान ऐप पर सरकारी स्कूल के सामने वाली गली में नालियां भरी होने की समस्या पोस्ट की थी। उन्होंने बताया था कि नालियों में जमा गंदगी के कारण पानी की निकासी बाधित हो रही थी, जिससे दुर्गंध फैल रही थी और आसपास के लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा था। शिकायत मिलने के बाद संबंधित विभाग ने मौके पर पहुंचकर नालियों की सफाई कराई। सफाई कार्य पूरा होने के बाद शिकायतकर्ता अजय कुमार ने स्वयं ऐप पर समस्या के समाधान की पुष्टि की। वहीं स्वास्थ्य निरीक्षक धर्मेंद्र कुमार ने भी बताया कि समस्या पर कार्रवाई की गई है। नरेश दामोनिया बने 'पब्लिक के स्टार' आज के हमारे 'पब्लिक के स्टार' नरेश दामोनिया बने हैं। संतोषी नगर निवासी अजय कुमार ने भास्कर समाधान ऐप पर सरकारी स्कूल के सामने वाली गली में भरी नालियों की शिकायत पोस्ट की थी। नालियों में गंदगी जमा होने से पानी की निकासी बाधित हो रही थी और आसपास दुर्गंध फैलने से लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा था। शिकायत मिलने के बाद नरेश दामोनिया ने मामले का संज्ञान लेते हुए संबंधित टीम से नालियों की सफाई करवाई। सफाई होने के बाद पानी की निकासी सुचारु हुई और क्षेत्रवासियों को गंदगी व दुर्गंध से राहत मिली। पब्लिक की आवाज बना ‘भास्कर समाधान’ ‘भास्कर समाधान’ सेगमेंट देशभर में इकलौता ऐसा डिजिटल प्लेटफॉर्म है, जहां शहरवासी सीधे अपने इलाके से जुड़े सिविक इश्यू खुद पोस्ट कर सकते हैं। ये सेगमेंट जनता को अपने गली-मोहल्ले की परेशानियां सीधे विभाग के उच्चाधिकारियों के सामने रखने की सुविधा देता है। लोगों से मिले जबरदस्त रिस्पॉन्स के बाद अब इसे और अधिक प्रभावी, सरल और यूजर-फ्रेंडली बनाया गया है। अब सीधे अधिकारियों तक पहुंच रहीं समस्याएं दैनिक भास्कर के इस सेगमेंट में अधिकारी भी अपने एक्शन के बारे में बता सकेंगे। शिकायत जिस विभाग से संबंधित है, वह अब सीधे उन्हीं अधिकारियों तक पहुंचेगी। इसके बाद अधिकारी उस लोकेशन को मैप पर देख सकेंगे। यदि उन्होंने समाधान कर दिया है तो शिकायतकर्ता को इसकी जानकारी एप के जरिए ही दे सकेंगे या बता सकेंगे कि अभी काम जारी है। अधिकारी चाहें तो जिस यूजर ने शिकायत की है, उसे कॉल भी कर सकते हैं। ‘भास्कर समाधान’ की ये खबरें भी पढ़िए… 1.'भास्कर समाधान' बना पब्लिक की आवाज:टूटे चैम्बर में बच्चा गिरा, अतिक्रमण से लगता जाम, कोटा में सफाई सबसे बड़ी समस्या 2.‘भास्कर समाधान’: पोस्ट होते ही मिल रहा हल:सफाई, पानी और सड़क हैं पब्लिक की सबसे बड़ी समस्या, खुले नाले से संक्रमण का डर 3.‘भास्कर समाधान’: समस्या पोस्ट होते ही मिल रहा हल:कॉलोनी में जल भराव से आना-जाना मुश्किल, पार्क में हरे पेड़ों को सीमेंट से कवर किया 4.जयपुर में 'भास्कर समाधान' से चमकी स्ट्रीट लाइटें:जनता की आवाज का असर; नगर निगम उपायुक्त मनीषा यादव बनीं ‘स्टार ऑफिसर’ 5.जयपुर में पहली बारिश ने खोली प्रशासन की पोल:खाली प्लॉटों में आवारा पशुओं का डेरा; XEN रूपाराम बने आज ‘स्टार ऑफिसर’
मुरैना जिले के महुआ थाना क्षेत्र में पुलिस ने अवैध रेत परिवहन के खिलाफ कार्रवाई करते हुए सोमवार शाम दो ट्रैक्टर-ट्रॉली जब्त किए हैं। दोनों वाहनों में रेत भरी हुई थी और चालक परिवहन से संबंधित वैध दस्तावेज प्रस्तुत नहीं कर सके। पुलिस ने दोनों चालकों को गिरफ्तार कर वाहनों को जब्त कर लिया है। जब्त ट्रैक्टर-ट्रॉली की अनुमानित कीमत करीब 14 लाख रुपए बताई गई है। जानकारी के अनुसार महुआ थाना पुलिस ने अवैध रेत उत्खनन और परिवहन पर रोक लगाने के उद्देश्य से रुधावनी मोड़ पर वाहन चेकिंग अभियान चलाया था। इसी दौरान बिना पंजीकरण नंबर प्लेट वाले दो ट्रैक्टर-ट्रॉली पुलिस को आते दिखाई दिए। पुलिस ने वाहनों को रुकने का संकेत दिया, लेकिन चालक ट्रैक्टर लेकर भागने का प्रयास करने लगे। इसके बाद पुलिस ने घेराबंदी कर दोनों वाहनों को रोक लिया और चालकों को हिरासत में ले लिया। कोई वैध दस्तावेज प्रस्तुत नहीं कर सकेपूछताछ के दौरान चालक रेत के परिवहन से संबंधित कोई वैध दस्तावेज प्रस्तुत नहीं कर सके। इसके बाद पुलिस ने दोनों ट्रैक्टर-ट्रॉली जब्त कर थाने पहुंचाए और चालकों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया। साथ ही वन एवं खनिज विभाग को नियमानुसार आगे की कार्रवाई के लिए सूचना भेज दी गई है। गौरतलब है कि चंबल अभयारण्य क्षेत्र में अवैध रेत उत्खनन और परिवहन पर रोक लगाने के संबंध में सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों के बाद जिले में लगातार अभियान चलाया जा रहा है। प्रशासन और पुलिस संयुक्त रूप से अवैध खनन तथा परिवहन के मामलों में कार्रवाई कर रहे हैं। पुलिस अधीक्षक धर्मराज मीणा ने बताया कि जिले के सभी थाना प्रभारियों को अवैध रेत उत्खनन और परिवहन के खिलाफ सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं। इसी अभियान के तहत महुआ थाना पुलिस ने दो ट्रैक्टर-ट्रॉली जब्त कर उनके चालकों को गिरफ्तार किया है। आगे भी ऐसी कार्रवाई लगातार जारी रहेगी।
विश्व प्रसिद्ध श्री महाकालेश्वर मंदिर में मंगलवार तड़के चार बजे भस्म आरती के दौरान मंदिर के कपाट खोले गए। भगवान महाकाल का हरी ओम जल से अभिषेक करने के पश्चात दूध,दही,घी,शक़्कर शहद फलों के रस से बने पंचामृत से पूजन किया गया। भगवान महाकाल का रजत चंद्र त्रिशूल त्रिपुण्ड ड्रायफ्रूट से राजा स्वरूप शृंगार किया गया। नंदी हाल में नंदी जी का स्नान,ध्यान, पूजन किया गया। शेषनाग का रजत मुकुट रजत की मुण्डमाल और रुद्राक्ष की माला के साथ-साथ सुगन्धित पुष्प से बनी फूलों की माला धारण की भगवान महाकाल ने। फल और मिष्ठान का भोग लगाया। झांझ मंजीरे डमरू के साथ भगवान महाकाल की भस्म आरती की गई। भस्म आरती में बड़ी संख्या में पहुंचे श्रद्धालुओं ने बाबा महाकाल का आशीर्वाद लिया। महा निर्वाणी अखाड़े की और से भगवान महाकाल को भस्म अर्पित की गयी। मान्यता है की भस्म अर्पित करने के बाद भगवान निराकार से साकार रूप में दर्शन देते है।
लखीमपुर खीरी के धौरहरा वन रेंज में भूसे की कोठरी में कैद एक दो वर्षीय मादा तेंदुए की सोमवार को रेस्क्यू के बाद मौत हो गई। इस घटना के बाद वन विभाग पर रेस्क्यू ऑपरेशन में लापरवाही बरतने के आरोप लग रहे हैं। जानकारी के अनुसार रविवार रात लगभग 9 बजे धौरहरा वन रेंज के सिसैया गांव निवासी नाजिम खां के घर बनी भूसे की कोठरी में यह मादा तेंदुआ घुस गया था। घर वालों ने उसकी मौजूदगी देखी और तुरंत वन विभाग व पुलिस को सूचना दी। पुलिस और वन विभाग की पहुंची टीम रात में ग्रामीणों की भीड़ और तेंदुए की मौजूदगी के बीच पुलिस और वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची। उन्होंने आम लोगों को कोठरी से दूर रहने का निर्देश दिया और रात भर निगरानी की। सोमवार सुबह डीएफओ उत्तर कीर्ति चौधरी, पुलिस क्षेत्राधिकारी धौरहरा शमशेर बहादुर सिंह और वन क्षेत्राधिकारी अशोक श्रीवास्तव के निर्देशन में रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया गया। पूरे क्षेत्र को जाल लगाकर सुरक्षित किया गया। लेजर लाइट के सहारे तेंदुए को ट्रैंकुलाइज किया गया और चार वनकर्मी किट पहनकर अंदर घुसे। तेंदुए को पिंजड़े में डालकर धौरहरा वन रेंज लाया गया। वन रेंज में लाने के कुछ देर बाद ही मादा तेंदुए की मौत हो गई। आशंका जताई जा रही है कि भूसे की कोठरी में लगातार रहने से गर्मी और अत्यधिक ट्रैंकुलाइजर डोज के कारण उसकी मौत हुई। तेंदुए के शव का पोस्टमार्टम स्थानीय प्रशासन और वन विभाग शाम तक तेंदुए की मौत की सूचना को अफवाह बताता रहा। हालांकि, बाद में दुधवा नेशनल पार्क के फील्ड डायरेक्टर राजा मोहन ने मौत की पुष्टि की। मीडिया को दूर रखने के लिए रेंज गेट पर ताला लगा दिया गया था। फिलहाल मृत मादा तेंदुए के शव का पोस्टमार्टम करने के लिए विभागीय चिकित्सक डॉ. दया, डॉ. तलहा और डॉ. दीपक वर्मा रेंज कार्यालय पहुंच चुके थे।
प्रयागराज के बेली अस्पताल में भर्ती 42 वर्षीय मरीज की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। रविवार रात तक अस्पताल में भर्ती रहे कीडगंज के मलाकराज निवासी मनोज सोमवार सुबह अस्पताल के मुख्य गेट के बाहर अचेत अवस्था में मिले। डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। परिजनों ने अस्पताल के अंदर मारपीट कर हत्या करने और साक्ष्य मिटाने के लिए शव बाहर फेंकने का आरोप लगाया है। पुलिस सभी पहलुओं की जांच कर रही है। रात में विवाद, फिर अचानक लापता हो गया परिजनों के मुताबिक, शनिवार को तबीयत बिगड़ने पर मनोज को बेली अस्पताल में भर्ती कराया गया था। आरोप है कि रविवार देर रात इलाज के दौरान अस्पताल में कुछ लोगों से उसका विवाद हुआ, जिसके बाद उसके साथ मारपीट की गई। इसके कुछ देर बाद वह रहस्यमय ढंग से लापता हो गया। रातभर तलाश के बावजूद उसका पता नहीं चला। सोमवार सुबह अस्पताल के मुख्य गेट के बाहर वह अचेत पड़ा मिला। अस्पताल ले जाने पर डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। भाई का आरोप- पीटकर हत्या की गईमृतक के भाई काजू का आरोप है कि मनोज की अस्पताल के भीतर पीट-पीटकर हत्या की गई और घटना छिपाने के लिए शव को अस्पताल के बाहर फेंक दिया गया। घटना के बाद परिजनों ने अस्पताल पहुंचकर विरोध जताया। पोस्टमार्टम में सिर पर मिले चोट के निशानसूत्रों के मुताबिक पोस्टमार्टम में मनोज के सिर पर गंभीर चोट के निशान मिले हैं। हालांकि पुलिस का कहना है कि अभी मौत के कारण को लेकर कुछ कहा नहीं जा सकता। यह भी हो सकता है कि वह सड़क हादसे का शिकार हुआ हो। अस्पताल स्टाफ से पूछताछ करने के साथ सीसीटीवी कैमरों के फुटेज भी खंगाले जा रहे हैं। पुलिस बोली- मानसिक रूप से परेशान था कैंट थाना प्रभारी अमरनाथ राय ने बताया कि मृतक मानसिक रूप से परेशान था और उसका इलाज चल रहा था। परिजनों की ओर से लगाए गए आरोपों की भी जांच की जा रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट, सीसीटीवी फुटेज और अन्य साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। सबसे बड़ा सवाल- अस्पताल से बाहर कैसे पहुंचा मरीज?घटना के बाद सबसे बड़ा सवाल यह उठ रहा है कि वार्ड में भर्ती मरीज रात के समय अस्पताल से बाहर कैसे पहुंच गया। यदि वह इलाज के दौरान अस्पताल में था तो उसकी निगरानी किसकी जिम्मेदारी थी और बिना किसी को जानकारी हुए वह मुख्य गेट तक कैसे पहुंचा। इस घटना ने अस्पताल की सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं। वार्ड ब्वाय निलंबित, जांच समिति करेगी पड़तालमामले में कार्रवाई करते हुए बेली अस्पताल प्रशासन ने संविदा पर कार्यरत वार्ड ब्वाय पीयूष को निलंबित कर दिया है। मुख्य चिकित्सा अधीक्षक डॉ. भावना शर्मा ने बताया कि घटना के समय पीयूष ट्रामा सेंटर में तैनात था। प्रथम दृष्टया उससे पूछताछ की जा रही है। पूरे मामले की सच्चाई जांच समिति की रिपोर्ट आने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी।
सहारनपुर के सदर बाजार थाना क्षेत्र में किलो चांदी तय कीमत पर देने का झांसा देकर एक सर्राफ से 2 लाख रुपये एडवांस लेने का मामला सामने आया है। आरोप है कि रकम लेने के बाद आरोपियों ने न तो चांदी दी और न ही पैसे लौटाए। विरोध करने पर मारपीट और जान से मारने की धमकी दी गई। पुलिस ने दोनों आरोपियों के खिलाफ सोमवार शाम 6 बजे मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुरानी पहचान का फायदा उठाकर किया सौदा पंजाबी बाग निवासी हंसराज वर्मा ने पुलिस को बताया कि वह अपने बेटे लवी वर्मा के साथ हकीकत नगर के बड़ा चौक पर राधा स्वामी ज्वैलर्स के नाम से सोने-चांदी का कारोबार करते हैं। उनका कहना है कि लक्ष्मी मार्केट सर्राफा बाजार निवासी उमेश और उसके जीजा धनंजय से पहले से कारोबारी संबंध थे। इसी भरोसे के चलते 11 अक्टूबर 2025 को दोनों उनकी दुकान पर पहुंचे और 1 लाख 69 हजार 700 रुपये प्रति किलो की दर से 20 किलो चांदी देने का प्रस्ताव रखा। 2 लाख रुपये एडवांस लिए, लिखकर भी दिया हंसराज के मुताबिक, आरोपियों ने सौदा पक्का करने के लिए 2 लाख रुपये एडवांस मांगे। 12 अक्टूबर 2025 को उन्होंने नकद 2 लाख रुपये दे दिए। आरोप है कि उमेश ने एडवांस लेने की लिखित पर्ची भी दी और कहा कि बाद में यह रकम चांदी की कीमत में समायोजित कर दी जाएगी। चांदी नहीं दी, ग्राहकों के ऑर्डर हुए रद्द पीड़ित का आरोप है कि तय समय बीतने के बाद भी आरोपियों ने चांदी नहीं दी और लगातार बहाने बनाते रहे। इससे ग्राहकों के ऑर्डर रद्द करने पड़े और कारोबार की साख के साथ लाखों रुपये का नुकसान हुआ। पंचायत भी हुई, फिर भी नहीं निकला हल हंसराज ने बताया कि मई 2026 में दोनों पक्षों के बीच पंचायत भी हुई। इस दौरान कई लोग मौजूद थे। पंचायत में सुरक्षा के नाम पर उनसे कुछ कोरे कागजों पर हस्ताक्षर भी कराए गए, लेकिन विवाद का कोई समाधान नहीं निकला। मारपीट और जान से मारने की धमकी का आरोप पीड़ित का कहना है कि बाद में जब वह पंचों के साथ दोबारा बात करने पहुंचे तो आरोपियों ने गाली-गलौज की, मारपीट की और चांदी देने या नुकसान की भरपाई करने से इनकार कर दिया। साथ ही जान से मारने और झूठे मुकदमे में फंसाने की धमकी भी दी। दो आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज हंसराज वर्मा की शिकायत पर सदर बाजार थाना पुलिस ने उमेश और धनंजय के खिलाफ धोखाधड़ी, मारपीट, धमकी और अन्य संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया है। पुलिस का कहना है कि मामले की जांच की जा रही है और जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई होगी।
मुरैना जिले के नगरा थाना क्षेत्र में 17 वर्षीय लड़की की हत्या के मामले का पुलिस ने तीन महीने बाद खुलासा किया है। पुलिस ने आरोपी प्रेमी गोलू उर्फ ब्रजेश राठौर को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। पुलिस के मुताबिक, आरोपी पहले लड़की को शादी का झांसा देकर घर से भगाकर राजस्थान के दौसा ले गया। वहां सुनसान जगह पर हत्या कर शव को सेफ्टी टैंक में दबा दिया। तीन महीने बाद अपनी शादी के लिए गांव लौटने पर वह पुलिस के हत्थे चढ़ गया। पढ़िए रिपोर्ट… सगाई के बाद बना हत्या का प्लान पुलिस पूछताछ में आरोपी ने बताया कि 22 मार्च 2026 को उसकी सगाई किसी दूसरी युवती से तय हो गई थी। इसका पता चलते ही प्रेमिका ने उससे शादी करने का दबाव बनाया। आरोपी ने उसे भरोसा दिलाया कि दोनों घर से भागकर शादी करेंगे। 28 मार्च को वह प्रेमिका को लेकर घर से निकल गया। भीलवाड़ा के बजाय दौसा ले गया आरोपी राजस्थान के भीलवाड़ा में नौकरी करता था। वह प्रेमिका को ट्रेन से लेकर निकला, लेकिन भीलवाड़ा जाने के बजाय दौसा स्टेशन पर उतर गया। वहां से उसे सुनसान इलाके में ले गया। पुलिस के अनुसार, आरोपी ने वहां शारीरिक संबंध बनाए। इसके बाद जब प्रेमिका भरोसा कर उसकी गोद में सिर रखकर लेट गई तो उसने उसी के दुपट्टे से गला घोंटकर हत्या कर दी। 100 मीटर दूर टैंक में छिपाया शव हत्या के बाद आरोपी शव को कंधे पर उठाकर करीब 100 मीटर दूर बने सेफ्टी टैंक तक ले गया। वहां शव को फेंक कर मिट्टी, ईंट और पत्थरों से ढंक दिया। जल्दबाजी में मृतका का बैग और चप्पल वहीं छूट गए। इसके बाद वह अगले दिन गांव लौट आया। परिवार ने जताया था प्रेमी पर शक 29 मार्च को आरोपी गांव लौट आया, जबकि दो दिन तक बेटी का पता नहीं चलने पर 30 मार्च को परिजन नगरा थाने पहुंचे। उन्होंने गुमशुदगी दर्ज कराते हुए ब्रजेश पर शक जताया। पुलिस जब उसके घर पहुंची तो वह वहीं मिला, इसलिए शुरुआती जांच में उस पर शक कम हुआ, लेकिन अगले ही दिन उसके घर से गायब होने पर पुलिस ने उसकी तलाश शुरू कर दी। अपनी शादी के बाद बाजार में हुआ गिरफ्तार करीब तीन महीने बाद ब्रजेश अपनी शादी के लिए गांव लौटा। 26 जून को उसकी शादी हुई और अगले दिन जब वह बाजार गया तो पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में उसने हत्या की बात कबूल कर ली और शव दौसा में छिपाने की जानकारी दी। आरोपी की निशानदेही पर मिला शव मुरैना पुलिस आरोपी को लेकर राजस्थान के दौसा पहुंची। राजस्थान पुलिस और फॉरेंसिक टीम की मौजूदगी में आरोपी की निशानदेही पर सेफ्टी टैंक से मिट्टी और पत्थर हटाए गए। वहां से नाबालिग का सड़ा-गला शव बरामद हुआ। मौके से उसके कपड़े और चप्पल भी मिले। पुलिस ने डॉक्टरों के पैनल से पोस्टमॉर्टम कराया। पिता का निधन हो चुका, मां मानसिक रूप से बीमार भास्कर टीम नाबालिग लड़की के घर पहुंची। वहां पता चला कि लड़की के पिता का 12 साल पहले निधन हो चुका है। मां मानसिक बीमार है। चाचा और बाबा पर ही उसके पालन-पोषण की जिम्मेदारी थी। वह घर में तीन भाई-बहनों में सबसे बड़ी थी। परिवार ने और भी लोगों पर जताई आशंका मृतका के चाचा और बाबा का कहना है कि आरोपी ने पुलिस के सामने हत्या कबूल कर ली है, लेकिन उन्हें शक है कि इस वारदात में अन्य लोग भी शामिल हो सकते हैं। उनका कहना है कि आरोपी राजस्थान में नौकरी करता था और वहां उसके कुछ दोस्त भी थे। परिवार ने मामले की गहराई से जांच कराने की मांग की है। पहले भी दोनों घर से भाग चुके थे गांव के लोगों के अनुसार, वर्ष 2023 में भी दोनों घर से भाग गए थे। उस समय पुलिस ने नाबालिग को बरामद कर आरोपी के खिलाफ अपहरण और छेड़छाड़ का मामला दर्ज किया था। बाद में वह अदालत से दोषमुक्त हो गया था।
श्रीगंगानगर जिले के श्रीकरणपुर कस्बे में शनि मंदिर के पास चाकूबाजी की घटना में घायल युवक चरणजीत सिंह की मौत हो जाने के बाद पुलिस की लापरवाही सामने आई है। मामले में एसपी ने एसआई माला सिंह को सस्पेंड कर दिया है। 3 जुलाई की शाम को श्रीकरणपुर में दो युवकों पर चाकू से हमला किया गया। गंभीर रूप से घायल चरणजीत सिंह को श्रीगंगानगर ले जाया गया, जहां 4 जुलाई शाम को इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। दूसरे घायल शिवराज का इलाज अभी भी जारी है। पुलिस के अनुसार- इस घटना से दो दिन पहले चरणजीत सिंह ने लड़की से छेड़छाड़ के मामले में आरोपियों के खिलाफ एसआई माला सिंह को लिखित परिवाद दिया था। लेकिन एसआई ने कोई कार्रवाई नहीं की। परिवाद की अनदेखी के बाद आरोपी युवकों ने बदले की भावना से चरणजीत सिंह और शिवराज पर चाकू से हमला कर दिया। मृतक चरणजीत सिंह के परिजनों ने पुलिस पर गंभीर लापरवाही का आरोप लगाते हुए 5 जुलाई को थाने के सामने धरना-प्रदर्शन किया। उन्होंने बताया कि समय पर कार्रवाई होती तो यह घटना रुकी जा सकती थी। वहीं, जिला प्रमुख दुलाराम मेघवाल ने बीकानेर रेंज आईजी को लिखित शिकायत भेजी। शिकायत में उन्होंने कहा कि एसआई माला सिंह ने जानबूझकर कोई कार्रवाई नहीं की। जिला प्रमुख ने यह भी उल्लेख किया कि चरणजीत सिंह दलित परिवार का था और आरोपी ने उसके साथ हत्या जैसा बर्ताव किया। शिकायत मिलने के बाद आईजी ने मामले की गंभीरता को देखते हुए श्रीगंगानगर एसपी हरीशंकर को तुरंत कार्रवाई के आदेश दिए। एसपी ने तुरंत एसआई माला सिंह को सस्पेंड कर दिया। एसपी हरीशंकर ने बताया- मामले की जांच चल रही है। आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए टीम लगाई गई है। साथ ही पूरी घटना की विस्तृत जांच की जा रही है।
जुआ एक्ट के तहत दर्ज मामले में गिरफ्तारी होने के बाद सीएमएचओ सागर ने बरकोटी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में पदस्थ वार्ड बॉय अंकुश उर्फ प्रताप सिंह चौहान को निलंबित कर दिया है। सोमवार को जारी आदेश के अनुसार, वार्ड बॉय अंकुश उर्फ प्रताप सिंह चौहान के खिलाफ सुरखी थाने में अपराध दर्ज हुआ है। इसके अलावा, गाड़ी की नंबर प्लेट पर सरपंच लिखकर रौब झाड़ना और जुआ फड़ चलाने के आरोप लगे हैं, जिससे विभाग की छवि धूमिल हुई। संबंधित कर्मचारी का उक्त कृत्य कदाचार की श्रेणी में आता है और यह मध्यप्रदेश सिविल सेवा (आचरण) नियम के उपनियम का उल्लंघन है। मध्यप्रदेश सिविल सेवा नियम के तहत प्रताप सिंह चौहान को तत्काल प्रभाव से शासकीय सेवा से निलंबित किया गया है। दरअसल, 25 जून को सुरखी क्षेत्र के अगरा रोड स्थित गौशाला के पीछे पुलिस ने दबिश देकर 9 जुआरियों को गिरफ्तार किया था। कार्रवाई के दौरान आरोपी अंकुश उर्फ प्रताप सिंह चौहान (25) निवासी बरकोटी फरार हो गया था। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच में लिया। कार्रवाई करते हुए 30 जून को फरार आरोपी अंकुश उर्फ प्रताप सिंह चौहान को गिरफ्तार किया था। पूछताछ के दौरान सामने आया कि आरोपी अंकुश उर्फ प्रताप सिंह बरकोटी के प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में वार्ड बॉय के पद पर कार्यरत है। उसकी पत्नी वर्तमान में ग्राम पंचायत बरकोटी कलां की सरपंच हैं। पूछताछ के बाद आरोपी को कोर्ट में पेश कर पुलिस ने जेल भेज दिया था।
श्रावस्ती के मुख्य चिकित्सा अधिकारी (CMO) ने सोमवार रात 10 बजे सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC) भिनगा का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान अस्पताल की स्वास्थ्य व्यवस्था में गंभीर खामियां सामने आईं, जिससे मरीजों के प्रति लापरवाही उजागर हुई। निरीक्षण के दौरान इमरजेंसी ड्यूटी पर तैनात डॉक्टर अनुपस्थित पाए गए। CMO ने तत्काल संबंधित डॉक्टर को फोन कर केंद्र पर बुलाया। उन्होंने स्पष्ट किया कि आपातकालीन सेवाओं में अनुपस्थिति मरीजों के जीवन से खिलवाड़ है और इसे बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। लेबर रूम वार्ड का निरीक्षण करने पर स्थिति और भी खराब मिली। भीषण गर्मी के बावजूद वार्ड का पंखा बंद था। जांच में पता चला कि लेबर रूम में इन्वर्टर कनेक्शन नहीं है, जिससे बिजली गुल होने पर आवश्यक सुविधाएं बाधित हो जाती हैं। यह स्थिति प्रसव पीड़ा से जूझ रही महिलाओं के लिए गंभीर मानी गई। CMO ने इस लापरवाही पर गहरी नाराजगी व्यक्त की और अधीक्षक को फटकार लगाई। उन्होंने सभी कमियों को तत्काल दूर करने तथा संबंधित डॉक्टरों और स्वास्थ्य कर्मियों के खिलाफ कठोर अनुशासनात्मक एवं विभागीय कार्रवाई के आदेश दिए। CMO ने चेतावनी दी कि मरीजों की सेवा में किसी भी प्रकार की ढिलाई या बहानेबाजी स्वीकार्य नहीं होगी। उन्होंने कहा कि भविष्य में ऐसे औचक निरीक्षण जारी रहेंगे और लापरवाही पाए जाने पर जिम्मेदार अधिकारियों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। यह औचक निरीक्षण स्वास्थ्य व्यवस्था के लिए एक चेतावनी है, जो यह संदेश देता है कि अब जवाबदेही कागजी कार्रवाई के बजाय जमीनी हकीकत के आधार पर तय होगी।
बांसवाड़ा में आज 7 घंटे बिजली कटौती:सुबह 10 से शाम 5 बजे तक इन 4 क्षेत्रों में सप्लाई रहेगी बंद
बांसवाड़ा जिले में मंगलवार को 7 घंटे बिजली कटौती रहेगी। सुबह 10 बजे से शाम 5 बजे तक निचला घंटाला, उपला घंटाला, बड़वी और गणेशीलाल पाड़वा सहित इनसे जुड़े क्षेत्रों में बिजली आपूर्ति बंद रहेगी। इस दौरान निचला घंटाला ग्रिड सब-स्टेशन (जीएसएस) से जुड़ी 11 केवी झरी लाइन पर रखरखाव और मेंटेनेंस का काम किया जाएगा। मेंटेनेंस वर्क से कई क्षेत्र होंगे प्रभावित विद्युत विभाग के अनुसार, बिजली कटौती सुबह 10 बजे से शुरू होकर शाम 5 बजे तक जारी रहेगी। इस दौरान लाइन की मरम्मत के साथ पेड़ों की टहनियों की छंटाई भी की जाएगी, ताकि बारिश के मौसम में ट्रिपिंग और बड़े फॉल्ट जैसी समस्याओं से बचा जा सके। बिजली कटौती से निचला घंटाला, उपला घंटाला, बड़वी और गणेशीलाल पाड़वा क्षेत्रों की बिजली आपूर्ति पूरी तरह प्रभावित रहेगी।
गाजियाबाद में 4 जुलाई की देर रात 2 बजे कोतवाली क्षेत्र से चलती कार में भ्रूण लिंग की जांच करने वाले गैंग के 4 लोगों को गिरफ्तार किया गया। गिरोह का सरगना 12वीं पास अस्पताल संचालक है। इस गैंग के पास पोर्टेबल अल्ट्रासाउंड मशीन, मेडिकल उपकरण और एक अर्टिगा कार मिली। सभी आरोपियों को रविवार रात साढ़े 9 बजे जेल भेज दिया गया। पुलिस पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि पोर्टेबल अल्ट्रासाउंड मशीन को चीन से नेपाल के रास्ते मंगाई थी। वे हिंदू महिलाओं को गुमराह कर गर्भपात करवाते थे। गर्भ में लड़का होने पर भी हिंदू महिलाओं को लड़की होने की जानकारी देते थे, ताकि वह अबॉर्शन करा सकें। महिला हिंदू है या मुस्लिम। इसका पता लगवाने के लिए गैंग के लोग वाट्सएप पर आधार कार्ड मंगवाते थे। यह गैंग कैसे हिंदू महिलाओं को फंसाता बनाता था? कितने पैसे लेते थे? पढ़िए रिपोर्ट… गर्भ में लड़की होने की जानकारी मिलने पर हिंदू महिलाएं करवा लेती थी अबॉर्शन DCP धवल जायसवाल के मुताबिक- बागपत के रहने वाला संदीप (35), हापुड़ के रहने वाले सलमान (32), गाजियाबाद निवासी शाहिद (29) और बुलंदशहर निवासी तस्लीम (27) को 4 जुलाई को गाजियाबाद में पकड़ा गया था। इस गैंग का मास्टर माइंड 12वीं पास संदीप है। आरोपियों ने पूछताछ में बताया-वो चलती कार में भ्रूण लिंग की जांच करते थे। उसके बाद प्राइवेट अस्पताल में ले जाकर अबॉर्शन भी कराते थे। उनके निशाने पर हिंदू महिलाएं अधिक होती थी। क्योंकि वे अबॉर्शन ले लिए जल्दी तैयार हो जाती थी जबकि मुस्लिम महिलाएं बड़ी मुश्किल से राजी होती थी। अक्सर जांच के बाद वो दोबारा से संपर्क नहीं करती थी। उनके लिए ये मैटर नहीं करता था कि गर्म में बेटा है या बेटी। उन्हें सिर्फ जांच से मतलब होता था जबकि हिंदू महिला को जब मालूम होता कि उसके गर्भ में बेटी है तो वे खुद अबॉर्शन के लिए अप्रोच करती। इसलिए हम लोग हिंदू महिलाओं को अक्सर गलत रिपोर्ट देते थे। अगर गर्भ में बेटा है तो बेटी ही बताते थे ताकि वो अबॉर्शन के लिए तैयार हो जाए। ये पता लगाने के लिए की महिला हिंदू है या मुस्लिम हम लोग उसका आधार कार्ड वाटसएप पर मंगाते थे।जब वह तैयार हो जाती थी तो उसे साईं अस्पताल में ले जाकर उसका गर्भपात करवा देते थे। इसके लिए 8 से 10 हजार रुपए लेते थे। हम लोग अब तक मध्य प्रदेश, राजस्थान, हरियाणा, उत्तराखंड की करीब 500 महिलाओं के भ्रूण लिंग की जांच कर चुके हैं। अनमैरिड लड़कियों का भी किया अबॉर्शन पुलिस पूछताछ में सामने आया कि इस गैंग के संर्पक में अनमैरिड लड़कियां भी थीं। जून माह में दिल्ली की एक अन मैरिड लड़की ने गर्भपात कराया था। जहां आरोपियों ने अनमैरिड लड़की से गर्भपात के 40 हजार रुपये वसूले थे। इससे पहले भी कई केस में अनमैरिड लड़कियां भी आती जाती थीं, लेकिन उनसे सामान्य महिलाओं से 2 गुने से अधिक पैसे वसूलते थे। बदनामी के डर से यह लड़कियां अधिक पैसा देती थीं। 6 जनवरी 2025 को पकड़ा गया था संदीप गाजियाबाद के टीलामोड़ पुलिस और स्वास्थ्य विभाग की टीम ने 6 जनवरी 2025 को भी 8 लोगों को अरेस्ट किया था। इस गैंग में भी सरगरना संदीप पुत्र नरेशा था। जहां पुलिस ने संदीप, वरुण, कपिल, प्रमोद बैसला, सुमित कुमार, सोनू,विजय और राहुल कौशिक के खिलाफ केस दर्ज किया था। पुलिस की एफआईआर के अनुसार हरियाणा के गुरुग्राम की एक उच्च परिवार से सम्बंध रखने वाली महिला गाजियाबाद के टीलामोड़ में भ्रूण लिंग की जांच कराने आई थी। इस महिला से 15 हजार रुपये लिए थे। जिसमें संदीप और दलाल सोनू महिला को एक कोठी में लेकर पहुंचे थे। जिसके बाद पुलिस ने अलग अलग स्थानों से 8 आरोपियों पर केस दर्ज किया था। जिसमें पुलिस ने कोर्ट में चार्जशीट दाखिल की थी। ऐसे पकड़ा गया गैंग पुलिस के मुताबिक शनिवार को 2 महिलाओं का भ्रूण लिंग परीक्षण करने के बाद आरोपी महामाया स्टेडियम फ्लाईओवर के पास एक अन्य महिला का इंतजार कर रहे थे। इसी दौरान पुलिस ने छापा मारकर चारों को गिरफ्तार कर लिया। मौके से पोर्टेबल अल्ट्रासाउंड मशीन, मेडिकल उपकरण और अर्टिगा कार बरामद की गई। आरोपियों ने पुलिस को बताया कि पिछले एक साल में दिल्ली, गाजियाबाद, नोएडा, मेरठ, बागपत और बुलंदशहर समेत एनसीआर में करीब 500 महिलाओं का भ्रूण लिंग परीक्षण कराया। इनमें से 100 से अधिक महिलाओं का गर्भपात भी कराया गया। अब पढ़िए कैसे ऑपरेट करता था गैंग… गिरोह ने भ्रूण लिंग जांच के लिए पूरी गोपनीय व्यवस्था बना रखी थी। सबसे पहले जिस महिला को भ्रूण लिंग जांच करानी होती थी, उससे फोन पर 10 हजार रुपए में डील होती थी। उसे बताया जाता था कि अस्पताल आने की जरूरत नहीं है, बल्कि तय स्थान पर कार में बैठना होगा। कार के अंदर ही पोर्टेबल अल्ट्रासाउंड मशीन से भ्रूण का लिंग परीक्षण किया जाएगा। अगर कोई महिला गर्भपात कराना चाहती थी, तो उसे रात के समय लोनी इलाके के एक अस्पताल में ले जाते थे। इसके बारे में महिला को पहले से कोई जानकारी नहीं देते थे। महिलाओं को किसी पुरुष को साथ लाने की अनुमति नहीं थी। कार में बैठने से पहले उनका मोबाइल बंद कर अपने पास रख लिया जाता था। गिरोह पहले 4 से 5 दिन तक महिला के बारे में पूरी जानकारी जुटाता था, जिससे यह सुनिश्चित किया जा सके कि वह पुलिस या किसी अन्य सरकारी एजेंसी के संपर्क में नहीं है। जांच करा चुकी महिलाएं बाद में दूसरी महिलाओं को भी इस गिरोह तक पहुंचाती थीं। इसी तरीके से इस गैंग ने अपना नेटवर्क खड़ा किया था। ये खबर भी पढ़ें… शाहजहांपुर के जलालाबाद का नाम परशुरामपुरी होगा:1.60 लाख होमगार्ड्स का कैशलेस इलाज, योगी कैबिनेट से 28 प्रस्ताव पास लखनऊ में सीएम योगी की अध्यक्षता में सोमवार सुबह 10 बजे कैबिनेट बैठक हुई। इसमें 28 प्रस्तावों पर मुहर लगाई गई। इनमें तीन प्रमुख प्रस्ताव हैं। पहला- यूपी के होमगार्ड्स और उनके परिवार के लिए अब 5 लाख रुपए तक की कैशलेस इलाज सुविधा मिलेगी। पढ़ें पूरी खबर…
बस्ती की 1187 ग्राम पंचायतें सीएम अवॉर्ड की दौड़ में:उत्कृष्ट कार्य पर मिलेगा 35 लाख तक का पुरस्कार
बस्ती जिले की ग्राम पंचायतों में विकास कार्यों को गति देने और स्वस्थ प्रतिस्पर्धा बढ़ाने के उद्देश्य से मुख्यमंत्री पुरस्कार (सीएम अवॉर्ड) योजना के तहत आवेदन प्रक्रिया शुरू हो गई है। इस योजना में जिले की सभी 1187 ग्राम पंचायतें शामिल होंगी। पंचायतों को विभागीय पोर्टल पर 31 जुलाई तक आवेदन करना होगा। नौ निर्धारित मानकों पर उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाली पंचायतों को राज्य स्तर पर सम्मानित किया जाएगा। योजना के तहत पंचायतों का मूल्यांकन शिक्षा, स्वास्थ्य, पेयजल, सड़क, महिला सुरक्षा और रोजगार सहित कुल नौ प्रमुख विकास मानकों के आधार पर किया जाएगा। आवेदन प्राप्त होने के बाद एक जिला स्तरीय समिति पंचायतों के कार्यों का परीक्षण और सत्यापन करेगी। इसके बाद पात्र पंचायतों की संस्तुति शासन को भेजी जाएगी, जहां अंतिम चयन प्रक्रिया पूरी होगी। मुख्यमंत्री पुरस्कार योजना के अंतर्गत राज्य स्तर पर प्रथम स्थान प्राप्त करने वाली ग्राम पंचायत को 35 लाख रुपये का पुरस्कार मिलेगा। द्वितीय स्थान पर 30 लाख रुपये, तृतीय को 20 लाख रुपये, चतुर्थ को 15 लाख रुपये तथा पांचवें स्थान पर रहने वाली पंचायत को 10 लाख रुपये की पुरस्कार राशि प्रदान की जाएगी। इस धनराशि का उपयोग गांवों में आय बढ़ाने वाली योजनाओं और स्थायी विकास कार्यों पर किया जाएगा। जिला पंचायत राज अधिकारी घनश्याम सागर ने बताया कि मुख्यमंत्री पुरस्कार योजना के लिए आवेदन प्रक्रिया जारी है। उन्होंने कहा कि जो ग्राम पंचायतें उत्कृष्ट विकास कार्य कर रही हैं, वे 31 जुलाई तक आवेदन कर सकती हैं। जांच और सत्यापन के बाद प्रस्ताव शासन को भेजे जाएंगे, जिसके उपरांत चयनित पंचायतों को पुरस्कार प्रदान किया जाएगा।
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह के 13 जुलाई को होने वाले कार्यक्रम की तैयारियां शुरू हो गई हैं। इसे लेकर भाजपा के लखनऊ महानगर अध्यक्ष आनंद द्विवेदी ने प्रशासनिक अधिकारियों और अलग-अलग विभागों के अधिकारियों के साथ कार्यक्रम स्थल का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने तैयारियों का जायजा लिया और जरूरी इंतजामों की जानकारी ली। सुरक्षा और दूसरी व्यवस्थाओं पर रहा फोकस निरीक्षण के दौरान सुरक्षा, ट्रैफिक व्यवस्था, मंच, लोगों के बैठने की व्यवस्था, साफ-सफाई, बिजली, पेयजल समेत सभी जरूरी इंतजाम देखे गए। अधिकारियों से कहा गया कि सभी तैयारियां समय रहते पूरी कर ली जाएं, ताकि कार्यक्रम बिना किसी परेशानी के सफलतापूर्वक आयोजित हो सके। कई भाजपा नेता भी रहे मौजूद भाजपा महानगर मीडिया प्रभारी अनुराग साहू ने बताया कि निरीक्षण के दौरान विधान परिषद सदस्य मुकेश शर्मा, महानगर महामंत्री घनश्याम दास अग्रवाल, महानगर उपाध्यक्ष विनायक पांडेय और महानगर मंत्री शैलेन्द्र राय 'डब्बू' भी मौजूद रहे। कार्यक्रम को लेकर संगठन और प्रशासन मिलकर तैयारियों में जुटे हैं।
छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले में घर में घुसकर बदमाश ने बुजुर्ग दंपती को धारदार हथियार दिखाकर लूट की वारदात को अंजाम दिया। आरोपी ने मुंह पर कपड़ा बांधकर घर में घुसा और चाकू की नोक पर बुजुर्ग दंपती को धमकाया। इसके बाद वह महिला के गले से सोने का नेकलेस लूटकर मौके से फरार हो गया। वारदात का CCTV फुटेज सामने आया है, जिसमें नकाबपोश आरोपी साफ तौर पर नजर आ रहा है। शिकायत के बाद पुलिस ने केस दर्ज कर 24 घंटे के भीतर आरोपी विभान्शु महोबिया (21) को गिरफ्तार कर लिया, जो कि मध्य प्रदेश के मंडला जिले के रहना वाला है। जांच में सामने आया कि आरोपी वर्तमान में भिलाई नगर थाना क्षेत्र के हॉस्पिटल सेक्टर स्थित किराए के मकान में रह रहा था। पुलिस ने उसके कब्जे से वारदात में इस्तेमाल की गई बाइक, धारदार हथियार और घटना के समय पहने गए कपड़े भी बरामद कर लिए हैं। मामला नेवई थाना क्षेत्र का है। पहले ये 4 तस्वीरें देखिए… घर में अकेले थे बुजुर्ग दंपती पुलिस के मुताबिक, प्रगति नगर स्थित शुभकामना हाइट्स के फ्लैट नंबर-109 में रहने वाले वी. कुमार (59) ने थाने में शिकायत दर्ज कराई थी। उन्होंने बताया कि 4 जुलाई को वे ड्यूटी पर गए हुए थे। इसी दौरान उनके घर में काम करने वाली गिरजा यादव ने फोन कर सूचना दी कि उनके सास-ससुर के घर में अज्ञात युवक घुस आया है। सोने का नेकलेस लेकर फरार हुआ आरोपी शिकायत के अनुसार, आरोपी ने अपने चेहरे को कपड़े से ढक रखा था। घर में घुसने के बाद उसने बुजुर्ग दंपती को धारदार हथियार दिखाकर धमकाया और सोने-चांदी के जेवर, नकदी की मांग की। इस दौरान वह सोने का एक नेकलेस लेकर मौके से फरार हो गया। सूचना मिलने के बाद नेवई थाना पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू की। पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण किया। पीड़ित परिवार, गवाहों से पूछताछ की और तकनीकी सबूतों के आधार पर आरोपी की पहचान कर उसे गिरफ्तार कर लिया। बाइक, हथियार और कपड़े भी जब्त पूछताछ के बाद पुलिस ने आरोपी के कब्जे से वारदात में इस्तेमाल की गई बाइक, धारदार हथियार और घटना के समय पहने गए कपड़े जब्त किए। इसके बाद उसे न्यायालय में पेश किया गया, जहां से न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया। पुलिस की शुरुआती जांच में सामने आया है कि आरोपी लूट की नीयत से ही घर में घुसा था। उसने बुजुर्ग दंपती को हथियार के बल पर डराकर जेवर और नकदी लूटने की कोशिश की। फिलहाल पुलिस यह भी जांच कर रही है कि आरोपी पहले भी इस तरह की किसी वारदात में शामिल रहा है या नहीं। …………… इससे जुड़ी यह खबर भी पढ़िए… रायपुर में गैस एजेंसी मैनेजर से 10 लाख की लूट,VIDEO: बाइक सवार नकाबपोशों ने पहले क्रॉस किया, यू-टर्न मारकर पैसों से भरा बैग छीना रायपुर में शनिवार को गैस एजेंसी के मैनेजर से 10 लाख रुपए की लूट हुई है। बाइक सवार 3 नकाबपोश लुटेरों ने दिनदहाड़े वारदात को अंजाम दिया है, जिसका CCTV फुटेज भी सामने आया है। मामले में पुलिस ने केस दर्ज कर लिया है। पढ़ें पूरी खबर…
छिंदवाड़ा में सोमवार शाम जुन्नारदेव-तामिया मार्ग पर बाइक पर सवार तीन युवक अनियंत्रित होकर सड़क पर गिर पड़े। हादसे में बाइक क्रमांक MP28 MU6407 के परखच्चे उड़ गए। घटना के बाद मौके पर लोगों की भारी भीड़ जमा हो गई। सूचना मिलते ही 112 डायल टीम मौके पर पहुंची। पायलट राहुल अमरवंशी और आरक्षक महेश उईके ने घायलों को तत्काल अस्पताल पहुंचाया। पुलिस के अनुसार हादसे में दो युवकों के सिर में गंभीर चोट आई है, जबकि एक युवक का पैर टूट गया। गंभीर हालत होने पर एक घायल को जिला अस्पताल रेफर किया गया है। प्रारंभिक जांच में आशंका जताई जा रही है कि लगातार बारिश के कारण सड़क फिसलन भरी हो गई थी, जिससे बाइक स्लिप होकर अनियंत्रित हो गई। हादसे के बाद घायलों को प्राथमिक उपचार देने के बाद आगे इलाज के लिए जिला अस्पताल भेजा गया, जहां उनका उपचार जारी है। पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी हुई है।
सहारनपुर के नकुड़ थाना क्षेत्र की रहने वाली एक विवाहिता ने अपने ससुराल वालों पर सोमवार शाम को 5 बजे FIR दर्ज कराई है। शिकायती पत्र में पति, सास और ससुर के खिलाफ दहेज उत्पीड़न, घरेलू हिंसा, अप्राकृतिक संबंध बनाने और जान से मारने की धमकी देने का आरोप लगाया है। पुलिस मामले की जांच कर रही है। शादी के कुछ दिन बाद शुरू हुई दहेज की मांग महिला ने पुलिस को बताया कि उसका निकाह 9 फरवरी 2025 को अंबाला जिले के महेशनगर थाना क्षेत्र के गांव सपेहरा निवासी शागिल से हुआ था। उसके अनुसार, शादी में परिजनों ने करीब 30 लाख रुपये खर्च किए, घरेलू सामान और मोटरसाइकिल भी दी। इसके बावजूद शादी के कुछ दिन बाद ही पति, सास और ससुर कार की मांग करने लगे और कम दहेज लाने का ताना देने लगे। पति पर लगाए गंभीर आरोप महिला का आरोप है कि दहेज की मांग पूरी नहीं होने पर उसके साथ मारपीट और मानसिक प्रताड़ना की जाती थी। उसने शिकायत में यह भी कहा कि पति उसकी इच्छा के खिलाफ अप्राकृतिक संबंध बनाता था। इससे उसकी तबीयत बिगड़ गई और मायके वालों ने उसका इलाज कराया। ससुर पर अश्लील हरकत का आरोप पीड़िता ने अपने ससुर पर बदनीयती से छूने, बाथरूम और कमरे में झांकने तथा अश्लील इशारे करने का आरोप लगाया है। उसका कहना है कि जब उसने इसकी शिकायत पति और सास से की तो किसी ने उसकी बात नहीं सुनी। कार की मांग पूरी नहीं होने पर घर से निकाला महिला का कहना है कि 12 सितंबर 2025 को कार की मांग पूरी नहीं होने पर उसे घर से निकाल दिया गया। उस समय वह मुलाना स्थित एमएम यूनिवर्सिटी में पढ़ाई कर रही थी। पढ़ाई प्रभावित होने के कारण उसने तुरंत पुलिस में शिकायत नहीं की। बाद में वह मायके आकर रहने लगी। दूसरी शादी की तैयारी का आरोप पीड़िता ने यह भी आरोप लगाया कि उसका पति दूसरी शादी की तैयारी कर रहा है। साथ ही उसने अपनी जान को भी खतरा बताया है। पुलिस ने महिला की शिकायत के आधार पर पति, सास और ससुर के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस का कहना है कि जांच में जो तथ्य सामने आएंगे, उनके आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
भिंड में नेशनल हाईवे-719 बायपास पर एक बार फिर तेज रफ्तार डंपर ने एक परिवार की खुशियों को मातम में बदल दिया। शादी समारोह में शामिल होने जा रहे बाइक सवार दो युवकों को पीछे से डंपर ने टक्कर मार दी। हादसे में एक युवक की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि उसका फुफेरा भाई गंभीर रूप से घायल हो गया। घायल को जिला अस्पताल से प्राथमिक उपचार के बाद ग्वालियर रेफर किया गया है। घटना सोमवार रात करीब 9:30-10 बजे सिटी कोतवाली थाना क्षेत्र में संस्कृति मैरिज गार्डन के सामने हुई। टक्कर लगने से मौके पर दम तोड़ापुलिस के अनुसार, 25 वर्षीय विकास पिता रमेश जाटव निवासी भितरवार (जिला ग्वालियर) अपने फुफेरे भाई दीपक पिता मर्दान सिंह जाटव (26) के साथ बाइक से इटावा रोड से भवानीपुर की ओर एक शादी समारोह में शामिल होने जा रहा था। जैसे ही दोनों संस्कृति मैरिज गार्डन के सामने पहुंचे, पीछे से आए तेज रफ्तार डंपर ने बाइक में जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि विकास की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि दीपक गंभीर रूप से घायल हो गया। ड्राइवर डंपर छोड़कर भाग गयाहादसे के बाद डंपर ड्राइवर वाहन छोड़कर मौके से फरार हो गया। सूचना मिलने पर सिटी कोतवाली पुलिस मौके पर पहुंची और दोनों युवकों को जिला अस्पताल पहुंचाया। यहां डॉक्टरों ने विकास को मृत घोषित कर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया, जबकि घायल दीपक की गंभीर हालत को देखते हुए उसे ग्वालियर रेफर कर दिया गया। पुलिस ने डंपर की तलाश शुरू कर मामले की जांच शुरू कर दी है। बायपास पर हादसे बन रहे चिंता का विषयNH-719 बायपास पर लगातार बढ़ रहे सड़क हादसे लोगों की चिंता का कारण बनते जा रहे हैं। संस्कृति मैरिज गार्डन सहित कई मैरिज गार्डन हाईवे किनारे संचालित होने से शादी समारोह के दौरान वाहनों का दबाव काफी बढ़ जाता है। इसके अलावा हाईवे किनारे शराब दुकानें और भारी वाहनों की तेज रफ्तार भी हादसों की बड़ी वजह मानी जा रही है। स्थानीय लोगों का कहना है कि पिछले एक वर्ष में इसी बायपास पर 6 से 7 लोगों की सड़क दुर्घटनाओं में जान जा चुकी है। इसके बावजूद दुर्घटनाओं पर अंकुश लगाने के लिए अब तक कोई ठोस और प्रभावी व्यवस्था नहीं की गई है।
गुना शहर के कैंट थाना क्षेत्र अंतर्गत आने वाली साईं सिटी कॉलोनी मालपुर रोड में कक्षा 12वीं के छात्र की हत्या के आरोपी को पुलिस ने सोमवार को गिरफ्तार कर लिया। आरोपी ने मामूली विवाद में चाकू मारकर छात्र की हत्या कर दी थी। पुलिस ने उसे गुजरात से गिरफ्तार कर लिया। बता दें कि मामला 29 जून का है। वारदात रात करीब 7:30-8 बजे राजा की चक्की के पास हुई। मालपुर रोड निवासी फरियादी विकास रजक (19) ने पुलिस को बताया था कि उसका छोटा भाई मोहित रजक अपने दोस्तों बलराम जाटव और शिवजीत शर्मा के साथ शिवजीत की बाइक से घूमने निकला था। रात को जब तीनों दोस्त राजा की चक्की के पास पहुंचे, तो मोहित बाइक चालू करके उसका एक्सीलेटर तेज-तेज दबाने लगा। इसी दौरान वहां पड़ोस में ही रहने वाला रामजीलाल रजक अपनी टैक्सी लेकर आया। उसने वहां बाइक खड़ी करने और एक्सीलेटर मारने पर कड़ी आपत्ति जताई। जब मोहित ने वहां से जाने से मना किया, तो रामजीलाल आपा खो बैठा और उसे मां-बहन की अश्लील गालियां देने लगा। बीच-बचाव करने पहुंचे भाई के सामने ही मार डालागाली गलौज बढ़ती देख वहां मौजूद बड़ा भाई विकास रजक बीच-बचाव करने के लिए आगे बढ़ा ही था कि इतने में आरोपी रामजीलाल दौडक़र अपनी टैक्सी के पास गया। वह टैक्सी के भीतर से एक बड़ा और धारदार चाकू निकालकर लाया और सीधे मोहित के सीने के निचले हिस्से में पूरी ताकत से घोंप दिया। चाकू लगते ही खून का फव्वारा फूट पड़ा और मोहित चीखते हुए जमीन पर गिर गया। वारदात को अंजाम देकर आरोपी रामजीलाल मौके से भाग निकला। डॉक्टरों ने घोषित किया मृत, पुलिस जांच में जुटीलहूलुहान हालत में विकास, शिवजीत शर्मा, बलराम जाटव और मोहल्ले के गौर्य शर्मा ने तुरंत मोहित को संभाला और इलाज के लिए तत्काल जिला अस्पताल गुना लेकर भागे। लेकिन तब तक काफी देर हो चुकी थी; अस्पताल लाते ही डॉक्टरों ने परीक्षण के बाद मोहित को मृत घोषित कर दिया। घटना की चश्मदीद गवाही के आधार पर कैंट थाना पुलिस ने आरोपी रामजीलाल रजक के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज कर जांच शुरू की। गुजरात से पकड़ाया आरोपीकैंट पुलिस आरोपी की तलाश में लगी हुई थी। पुलिस ने उसका मोबाइल भी सर्विलांस पर डाला हुआ था। इसी दौरान पुलिस को सूचना मिली कि आरोपी गुजरात में है। सूचना मिलने पर कैंट पुलिस की एक टीम गुजरात के आणंद जिले पहुंची और वहां से आरोपी रामजीलाल रजक को गिरफ्तार कर लिया। SP हितिका वासल ने बताया कि साईं सिटी कॉलोनी में एक घटना हुई थी। मृतक 19 साल का था। मामले को गंभीरता से लेकर पुलिस ने प्रकरण पंजीबद्ध किया। साथ ही आरोपी को भी गिरफ्तार कर लिया गया है। बहुत ही छोटी से बात पर मर्डर किया गया था। मृतक अपनी बाइक का एक्सीलरेटर दबा रहा था, जिससे थोड़ी आवाज हो रही थी। उसी बात पर आरोपी ने उसके साथ विवाद किया और चाकू मार दिया था।
मैंने देवाशीष से कहा कि मेरी इज्जत का फालूदा मत निकालो, मैं तुमसे शादी नहीं कर सकती हूं। मेरी 16 साल की बेटी है। लेकिन कह रहा था कि तुम्हें शादी करनी पड़ी। मैं मना करती रही। फिर उसने जबरन एनर्जी ड्रिंक पिलाया और जबरदस्ती करने लगा। विरोध करने पर ईंट से सिर पर हमला कर दिया। इसके बाद मुझे कुछ याद नहीं है… यह बात कानपुर हैलट अस्पताल में एडमिट IIT में काम करने वाली महिला ने होश में आने के बाद कही। महिला पर रिटायर IAS के बेटे ने ईंट से जानलेवा हमला किया था। इसके बाद से महिला गंभीर हालत में हैलट अस्पताल में भर्ती है। खुद कहता था शादी नहीं की तो मर जाऊंगा… घटना के 24 घंटे बाद महिला को होश आया। सोमवार शाम को महिला ने दैनिक भास्कर टीम से बातचीत की और पूरा मामला बताया। पीड़ित महिला ने कहा- मैं IIT कानपुर में नौकरी करती हूं। मेरे पति की 2020 बीमारी के चलते मौत हो गई थी। मेरी बेटी भी 16 साल की है। उन्होंने बताया- स्वरूप नगर के राज टावर में रहने वाले देवाशीष निगम से हमारे पारिवारिक संबंध हैं। हम लोगों को एक-दूसरे के घर आना जाना है। मेरे पति की मौत के बाद के कुछ साल बाद देवाशीष मुझ पर जबरन शादी का दबाव बना रहा था। मैं बार-बार मना कर रही थी। इसके बाद भी वह लगातार कॉल और संपर्क कर रहा था। महिला ने कहा- लगातार देवाशीष फोन कॉल और मैसेज करके मुझे बुला रहा था। मैंने सोचा, उससे एक बार मिलकर मामले को रफादफा कर लेती हूं। देवाशीष की जिद पर ही शनिवार 4 जुलाई की शाम 7 बजे IIT से निकली तो देवाशीष का कॉल आया था। मैं उससे मिली और उसके कार में बैठ गई। कार में बैठते ही फिर से वह शादी के लिए दबाव बनाने लगा। बोला- मुझसे शादी कर लो। शादी ने की तो मर जाऊंगा। मैंने कहा- मुझे तुमसे शादी नहीं करनी है। प्लीज, मेरे पीछे मत पड़ो। अब इस उम्र में दोबारा शादी करके क्या मेरी इज्जत का फालूदा निकालोगे। इसके बाद भी वह नहीं मान रहा था। देवाशीष बोला- एनर्जी ड्रिंक पी लो थोड़ा अच्छा लगेगा महिला ने कहा- मेरी तबीयत थोड़ी सही नहीं लग रही है। मुझे परेशान मत करो। उसने कहा- एनर्जी ड्रिंक पी लो। मैंने कहा- हमें नहीं पीना है, हमें कोई प्यास-वास नहीं है। फिर उसने जबरन ड्रिंक पिला दी। एनर्जी ड्रिंक पीने के बाद मुझे कमजोरी सी लगने लगी। इसके बाद उसने जबरदस्ती करने की कोशिश की। फिर बिठूर वाले रास्ते पर गाड़ी सड़क किनारे रोक दी। पीछे से आया और उसने मेरा गला दबाया। गला दबाने के बाद मैंने उसका हाथ खींचा और कहा- ये क्या कर रहे हो। मैंने विरोध किया तो वह कार से नीचे उतरा और ईंट उठाकर ले आया और मेरे सिर पर मार दिया। इसके बाद मुझे कुछ याद नहीं है। लोगों ने बचाई जान, आरोपी को पकड़कर पुलिस को सौंपा हमले के दौरान महिला की चीख-पुकार सुनकर आसपास के लोग मौके पर पहुंचे। लोगों ने आरोपी को कार से खींचकर दबोच लिया और उसकी पिटाई करने के बाद पुलिस के हवाले कर दिया। गंभीर रूप से घायल महिला को पहले रामा मेडिकल कॉलेज और बाद में हैलेट अस्पताल रेफर किया गया। पीड़ित के भाई की तहरीर पर पुलिस ने देवाशीष निगम पर मुकदमा दर्ज कर लिया है और उसे जेल भेज दिया है। पत्नी को छोड़कर करना चाहता था दूसरी शादी पुलिस के अनुसार, देवाशीष निगम की मां चंद्रा निगम रिटायर्ड आईएएस अधिकारी हैं और पिता रमेश शंकर निगम का निधन हो चुका है। देवाशीष की 2014 में शादी हुई थी और उसकी एक बेटी है। वह पिछले छह महीने से पत्नी से अलग रह रहा था।
उदयपुर के कानोड़ थाना क्षेत्र में पांच दिन पहले बुजुर्ग महिला की हत्या कर सोने का मादलिया लूटने वाले आरोपी को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। थानाधिकारी हुकम सिंह ने बताया कि आरोपी ईश्वर राव कानोड़ के काछला क्षेत्र की पहाड़ियों में छिपा था। वह कानोड़ का ही रहने वाला है। पुलिस ने घेराबंदी कर तलाशी अभियान चलाया। पुलिस को देखकर आरोपी भागने लगा। पहाड़ी से गिरने के कारण उसका पैर टूट गया। इसके बाद पुलिस ने उसे गिरफ्तार किया और इलाज के लिए हॉस्पिटल ले जाया गया। पूछताछ में आरोपी ने मादलिया लूट की वारदात को स्वीकार किया। पुलिस आरोपी से पूछताछ करते हुए आगे जांच में जुटी है। घर पहुंचकर खून से सने कपड़े बदलकर हुआ फरार हत्या के बाद आरोपी अपने घर गया और खून से सने कपड़े बदलकर फरार हो गया था। प्रारंभिक पूछताछ में सामने आया कि आरोपी की आर्थिक तंगी के चलते उसकी नीयत खराब हुई। जिसके कारण उसने यह वारदात की। आरोपी ननिहाल में रह रहा था। घटना के बाद उसका परिवार भी मकान खाली कर कानोड़ से चला गया। थानाधिकारी ने बताया कि आरोपी को आज (मंगलवार) कोर्ट में पेश किया जाएगा। पुलिस रिमांड मांग कर आरोपी से मादलिया और चाकू बरामदगी की जाएगी। ये है पूरी घटना घटना कुम्हारों का मोहल्ला क्षेत्र में बीते शुक्रवार (3 जुलाई) शाम की है। जब 75 वर्षीय महिला (घीसी बाई खटीक) घर में अकेली बैठी हुई थीं, तभी आरोपी ने पीछे से उन पर हमला कर दिया, जिससे वे गंभीर रूप से घायल हो गईं। इसके बाद बदमाश उनके गले से सोने का मादलिया लूटकर फरार हो गया। महिला के चीखने की आवाज सुनकर आस-पड़ोस के लोग मौके पर पहुंचे, तो बुजुर्ग महिला को घायल अवस्था में देखकर दंग रह गए। सूचना मिलने पर पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची और घायल को हॉस्पिटल पहुंचाया गया। जहां उसने इलाज के दौरान दम तोड़ दिया। घीसी बाई घर में अकेली रहती थी और उनके बच्चे बाहर काम करते हैं।
अंबेडकरनगर में बिजली बिल बकायेदारों के खिलाफ विद्युत निगम ने सख्त अभियान शुरू करने का निर्णय लिया है। जिले के लगभग 1.40 लाख उपभोक्ता डिफाल्टर घोषित किए गए हैं, जिन पर कुल 20 करोड़ रुपये का बिजली बिल बकाया है। अब इन बकायेदारों से भू-राजस्व की भांति वसूली की जाएगी। इस अभियान के तहत, विद्युत निगम की ओर से बकायेदारों के लिए आरसी (रिकवरी सर्टिफिकेट) जारी की जाएगी। साथ ही, उनके घरों और प्रतिष्ठानों में लगे बिजली मीटर उखाड़ने और बिजली कनेक्शन काटने की कार्रवाई भी की जाएगी। वितरण खंड और विजिलेंस टीमें पुलिस बल के साथ बकायेदारों के ठिकानों तक पहुंचेंगी। इस कार्रवाई में वे उपभोक्ता भी शामिल हैं जिन्होंने कनेक्शन लेने के बाद से कभी बिजली बिल जमा नहीं किया है। अभियान को प्रभावी बनाने के लिए प्रत्येक उपखंड में चार सदस्यीय टीमों का गठन किया गया है। जिले के अकबरपुर, जलालपुर, टांडा और आलापुर डिवीजन में कुल 4.30 लाख बिजली उपभोक्ता हैं, जिनमें से 1.40 लाख डिफाल्टर हैं। निगम ने जनवरी से मार्च तक तीन चरणों में एकमुश्त समाधान योजना (OTS) भी चलाई थी, जिसमें ब्याज और मूलधन में छूट दी गई थी। हालांकि, बड़ी संख्या में उपभोक्ताओं ने इस योजना का लाभ नहीं उठाया। अकेले अकबरपुर डिवीजन में ही लगभग 70 हजार बकायेदारों पर 10 करोड़ रुपये का बकाया है, जिनके खिलाफ जल्द ही आरसी जारी कर वसूली की जाएगी। अधीक्षण अभियंता रजनीश श्रीवास्तव ने बताया कि बड़े बकायेदारों को चिन्हित किया जा रहा है और प्रत्येक माह दो से तीन हजार आरसी जारी कर वसूली की कार्रवाई की जाएगी। विभाग ने सभी बकायेदारों से जल्द से जल्द बिजली बिल जमा कर संभावित कार्रवाई से बचने की अपील की है।
फिरोजाबाद के मथुरा नगर-गोमती नगर इलाके में सोमवार रात सिगरेट के धुएं को लेकर हुए विवाद में एक युवक पर सरिया से हमला कर दिया गया। हमले में युवक की एक आंख गंभीर रूप से घायल हो गई। पुलिस ने घायल को अस्पताल में भर्ती कराया है और मामले की जांच शुरू कर दी है। थाना उत्तर क्षेत्र के मथुरा नगर निवासी 25 वर्षीय उमरेन्द्र चौहान उर्फ छोटू सोमवार रात मथुरा नगर गली नंबर 4 स्थित एक दुकान के बाहर सिगरेट पी रहे थे। बताया गया है कि सिगरेट का धुआं ऊपर जाने पर दुकान मालिक ने आपत्ति जताई। इसी बात को लेकर दोनों पक्षों में कहासुनी शुरू हुई, जो जल्द ही गाली-गलौज और मारपीट में बदल गई। आरोप है कि दुकान मालिक और उसके साथ मौजूद एक अन्य व्यक्ति ने उमरेन्द्र पर लोहे की सरिया से हमला कर दिया। सरिया के वार से उमरेन्द्र की आंख गंभीर रूप से क्षतिग्रस्त हो गई और उसके सिर पर भी गहरी चोट आई। घायल युवक मौके पर ही गिर पड़ा। आसपास के लोगों ने बीच-बचाव कर पुलिस को सूचना दी। सूचना मिलने पर थाना उत्तर पुलिस मौके पर पहुंची और घायल उमरेन्द्र को तत्काल उपचार के लिए अस्पताल भिजवाया। चिकित्सकों ने बताया कि युवक की आंख में गंभीर चोट लगी है, जबकि सिर पर भी गहरा घाव है। पुलिस ने घायल और प्रत्यक्षदर्शियों के बयान दर्ज कर लिए हैं और आरोपियों की तलाश जारी है। थाना उत्तर पुलिस ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है। प्राप्त तहरीर के आधार पर मुकदमा दर्ज कर आरोपियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी। पुलिस घटना स्थल के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज भी खंगाल रही है ताकि घटना की सही जानकारी मिल सके।
अयोध्या राम मंदिर चढ़ावा चोरी के बाद श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट ने 6 जुलाई को महासचिव चंपत राय और ट्रस्टी अनिल मिश्रा का इस्तीफा स्वीकार कर लिया। चंपत राय की जगह रिटायर्ड IFS कृष्ण मोहन को कार्यवाहक महासचिव बनाया गया है। कृष्ण मोहन दलित समाज से आते हैं। महासचिव बनने के बाद कृष्ण मोहन ने कहा- चढ़ावा चोरी करने वालों को सजा दिलाएंगे। मैनेजमेंट की कमियों का फायदा उठाया गया। उन कमियों को दूर करेंगे, जिससे दोबारा ऐसी घटना न हो। समाज में दोबारा विश्वास स्थापित करेंगे। समाज में जो माहौल बना है, इससे हमारे न्यास की छवि धूमिल हुई है। मेरा प्रयास रहेगा कि हम सभी न्यासी लोग इस धूमिल छवि को सही करने का प्रयास करेंगे। ट्रस्ट की 3 घंटे चली बैठक के बाद कोषाध्यक्ष गोविंद देव गिरी ने कहा- चंपत राय ने कहा है कि जब तक अपराधी पकड़े नहीं जाते, तब तक पद पर रहना सही नहीं है। जो हुआ वह कष्टदायी है। इससे हम सब दुखी हैं। चढ़ावा चोरी लज्जाजनक घटना है। बैठक में ट्रस्टी के. पारासरन ने कहा था कि त्यागपत्र देते ही इसे स्वीकार करना ट्रस्ट के संविधान में है। इसलिए इस्तीफा स्वीकार किया गया। अब 22 जुलाई को ट्रस्ट की फिर बैठक होगी। ट्रस्ट की 5 बड़ी बातें… 1. ट्रस्ट को दान के जरिए 3,264 करोड़ रुपए मिले थे। इनमें से 2,370 करोड़ रुपए मंदिर निर्माण और अन्य कार्यों पर खर्च किए जा चुके हैं।2. ट्रस्ट की स्थापना से लेकर 31 मार्च 2026 तक श्रद्धालुओं से 582 करोड़ रुपए की चढ़ावा राशि प्राप्त हुई। इसमें से 391 करोड़ रुपए ट्रस्ट के संचालन और अन्य खर्चों पर खर्च किए गए। बाकी राशि बैंक खातों में सुरक्षित है।3. एसआईटी की रिपोर्ट के बाद ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय और ट्रस्टी अनिल मिश्रा ने पद से इस्तीफा दे दिया। ट्रस्ट ने निष्पक्ष जांच के लिए दोनों के इस्तीफे स्वीकार कर लिए हैं। गोपाल नागरकट्टे का नाम विशेष आमंत्रित सदस्यों की सूची से हटाने का फैसला।4. नकद दान के अलावा श्रद्धालुओं ने भेंट अर्पित की। अब तक ऐसी 2,926 भेंटें प्राप्त हुई हैं। इन सभी का पूरा रिकॉर्ड रजिस्टर में दर्ज है। हर साल एक चार्टर्ड अकाउंटेंसी फर्म सभी भेंटों का भौतिक सत्यापन करती है।5. कोई श्रद्धालु अपनी दी हुई भेंट की जानकारी लेना चाहता है तो वह ट्रस्ट के किसी अधिकारी से अयोध्या आकर जानकारी प्राप्त कर सकता है। राम मंदिर को अब तक 3,264 करोड़ रुपए दान मिले, 582 करोड़ चढ़ावा गोविंद देव गिरि बोले- SBI को अपनी जिम्मेदारी से पीछे नहीं हटना चाहिए था स्वामी गोविंद देव गिरि ने कहा कि एक पूर्ण बदलाव निश्चित रूप से किया जाएगा। मुझे यह भी बताना चाहिए कि भारतीय स्टेट बैंक (SBI) को इस मामले में अपनी जिम्मेदारी से पीछे नहीं हटना चाहिए था। चूंकि यह काम एसबीआई के सहयोग से किया गया था। इसलिए जिम्मेदारी उनकी भी थी। हमें उनकी लापरवाही के गंभीर परिणाम भुगतने पड़े हैं। मेरे विचार में, प्राथमिकी (FIR) वास्तव में एसबीआई द्वारा दर्ज की जानी चाहिए थी, न कि हमारे ट्रस्ट द्वारा, हालांकि हमारे ट्रस्ट के अच्छे इरादे वाले सदस्यों ने आगे बढ़कर इसे खुद दर्ज कराया। जिम्मेदारी वास्तव में उनकी है... हम ऐसा करने के लिए प्रतिबद्ध हैं। एक ऐसी प्रक्रिया अपनाएंगे जिसमें संदेह की बिल्कुल भी गुंजाइश न रहे। हम उचित उपाय करेंगे, सभी संबंधितों से मार्गदर्शन लेंगे। गोविंद देव गिरि ने 4 वस्तुएं दिखाईं, जिनके चोरी होने का दावा किया गया था कोषाध्यक्ष गोविंद देव गिरि ने कहा- आरोप लगाए जाते हैं कि कई अन्य बेहतरीन चढ़ावे और दान की गई चीजें भी बिना किसी निशान के गायब हो गईं। हम आपको दिखाने के लिए इन सभी चीजों का रिकॉर्ड रखने वाला रजिस्टर लाए हैं। हम उन सभी चीजों का विवरण पेश करेंगे जिनकी बात हो रही है। हम आज आपके सामने ये सब दिखाने जा रहे हैं। इसके अलावा, हम आपको बताना चाहते हैं कि हमारे पास ऐसी 2800 चीजों की सूची वाला एक रजिस्टर है, और वे सभी सुरक्षित हैं। हम ये 4 खास चीजें, जिन पर चर्चा हो रही है, सिर्फ आपको नमूने के तौर पर दिखाने के लिए लाए हैं। हालांकि, इन सब बातों को ध्यान में रखते हुए, हम आगे जो काम करेंगे, उसे इस तरह से किया जाएगा कि कोई भी उसमें जरा सी भी कमी नहीं निकाल पाएगा। हमारा ट्रस्ट ऐसे बेहतरीन काम को सुनिश्चित करने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है, और हमने इस मकसद के लिए खास अधिकारियों को नियुक्त करने के लिए एक छोटी समिति बनाई है। हम इसी तरह काम को आगे बढ़ाएंगे। हम 22 तारीख को फिर से मिल रहे हैं। कार्रवाई का मामला प्रशासन की जिम्मेदारी है। हम भी जोरदार मांग करते हैं कि दोषियों को पकड़ा जाए, जिनमें वे साथी भी शामिल हैं जो शायद अभी भी छिपे हुए हैं और उन्हें उनके अपराध के लिए उचित सजा मिले, हम इस बात पर अडिग हैं। गोविंद देव गिरि बोले- चंपत राय बेदाग, करीबी लोगों पर बहुत भरोसा करना, उनकी एकमात्र गलती ट्रस्ट के कोषाध्यक्ष स्वामी गोविंद देव गिरि ने कहा- मैं चंपत राय जी को 32 साल से जानता हूं, और उनकी एकमात्र गलती यह थी कि उन्होंने अपने करीबी लोगों पर बहुत ज़्यादा भरोसा किया। जब राम जन्मभूमि आंदोलन के बारे में कोई नहीं जानता था, तब से ही वे इस काम को आगे बढ़ा रहे थे। हम उनका बहुत सम्मान करते हैं। यह समझ से परे है कि वे इतने सालों तक ऐसे गलत लोगों को अपने साथ कैसे रख पाए और उनकी साजिशों को क्यों नहीं भांप पाए। मेरी नजर में, वे बेदाग हैं। वे अपराधी नहीं हैं, हालांकि उनसे लापरवाही की एक गलती जरूर हुई है। ट्रस्ट में नए लोगों की एंट्री के लिए तीन सदस्यों की समिति बनी ट्रस्ट के कोषाध्यक्ष स्वामी गोविंद देव गिरि ने कहा- बैठक में यह तय किया गया है कि ट्रस्टी बोर्ड को पूरा किया जाएगा। हमें नाम सुझाने के लिए तीन सदस्यों की एक समिति बनाई गई है। इस समिति में रिटायर्ड जस्टिस प्रदीप कोहली, रिटायर्ड लेफ्टिनेंट जनरल विष्णुकांत चतुर्वेदी और सुरेश जी हावड़े शामिल हैं, जिन्होंने दस साल तक शिरडी संस्थान का सफलतापूर्वक प्रबंधन किया था। हमने इस तीन-सदस्यीय समिति को अंतिम रूप दे दिया है। वे अलग-अलग उम्मीदवारों का इंटरव्यू लेंगे और हमें नाम सौंपेंगे, जिनमें से हम अंतिम चयन करेंगे।
गोंडा के नगर कोतवाली क्षेत्र अंतर्गत पटेल नगर ईदगाह रोड पर मंगलवार सुबह करीब 6 बजे हड़कंप मच गया। यहां स्थित आकाश ज्वैलर्स की दुकान में अचानक आग लग गई। आग लगने का कारण अभी अज्ञात है। दुकान से धुआं उठता देख राहगीरों ने तत्काल मालिक को सूचना दी। शटर खोलने पर अंदर भीषण आग लगी मिली, जो देखते ही देखते दो मंजिला मकान तक फैल गई। स्थानीय लोगों ने तुरंत फायर ब्रिगेड और पुलिस को सूचना दी। मौके पर फायर ब्रिगेड की कई गाड़ियां पहुंचीं और बीते डेढ़ घंटे से आग पर काबू पाने का प्रयास कर रही हैं। आकाश ज्वैलर्स की दुकान में लगी आग पर काबू पा लिया गया है, लेकिन मकान की दूसरी मंजिल पर अभी भी आग लगी हुई है। फायर ब्रिगेड की कई गाड़ियों द्वारा मकान में लगे आग पर भी काबू पाने का प्रयास किया जा रहा है। कई फायर ब्रिगेड की गाड़ियां और मौके पर बुलाई गई हैं। आग के कारण लाखों रुपये के सोने-चांदी के आभूषण और घरेलू सामान जलकर राख हो गए हैं। आग लगने की सूचना पर भारी संख्या में लोग मौके पर जमा हो गए हैं और आग बुझाने में सहयोग कर रहे हैं। ऊपर मकान में लगी आग को बुझाने के लिए फायर ब्रिगेड के कर्मचारियों द्वारा दीवाल तोड़कर के भी ऊपर जा रहे हैं ताकि जो भीषण आग लगी हुई है। उसे पर काबू पाया जा सके। स्थानीय सभासद अफजल खान ने बताया कि आग सुबह 6 बजे लगी थी एहतियातन पड़ोस के मकानों से भी लोगों को बाहर निकाल लिया गया था। नीचे दुकान में लगी आग पर तो काबू पा लिया गया है लेकिन अभी ऊपर मकान में काफी आग लगी हुई है। तीन से चार फायर ब्रिगेड की गाड़ियां हैं जिनके द्वारा आग पर काबू पाने का प्रयास डेढ़ घंटे से किया जा रहा है। प्रथम दृष्टया जांच में अब तक यह सामने आया है कि नीचे स्थित दुकान में एक इलेक्ट्रिक स्कूटी चार्जिंग पर लगी हुई थी। आशंका है कि स्कूटी में शॉर्ट सर्किट होने से सबसे पहले किताब की दुकान में आग लगी। इसके बाद आग फैलकर ज्वेलर्स की दुकान तक पहुंच गई। दोनों दुकानों में लगी आग धीरे-धीरे ऊपर दूसरी मंजिल तक फैल गई। दमकल कर्मी आग पर काबू पाने और उसे पूरी तरह बुझाने का प्रयास कर रहे हैं।
अशोकनगर में आज 3 घंटे बिजली कटौती:कई कॉलोनियां और सरकारी दफ्तर होंगे प्रभावित
अशोकनगर शहर में आज (मंगलवार) सुबह 9 बजे से दोपहर 12 बजे तक तीन घंटे के लिए बिजली आपूर्ति बाधित रहेगी। यह कटौती 33/11 केवी अशोकनगर उपकेंद्र पर आवश्यक रखरखाव कार्य के कारण की जाएगी। मध्यप्रदेश मध्य क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी लिमिटेड के अनुसार, यह रखरखाव कार्य ईसागढ़ रोड फीडर से जुड़े क्षेत्रों में मानसून पूर्व या तकनीकी सुधार के लिए किया जा रहा है। कंपनी के सहायक प्रबंधक (शहर) ने बताया कि उपभोक्ताओं को होने वाली असुविधा के लिए विद्युत कंपनी ने खेद व्यक्त किया है। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि कार्य की आवश्यकता के अनुसार बिजली चालू या बंद करने के समय में थोड़ा बदलाव हो सकता है। इस बिजली कटौती से शहर के कई प्रमुख आवासीय और शासकीय कार्यालय वाले क्षेत्र प्रभावित होंगे। इनमें मुख्य रूप से राजमाता चौराहा, जेल रोड, ईसागढ़ रोड, तिरुपति कॉलोनी, जेल अधीक्षक कार्यालय, रिजर्व पुलिस लाइन, पुलिस लाइन पड़रिया और सूर्यनगर कॉलोनी सहित आसपास के अन्य क्षेत्र शामिल हैं। विद्युत कंपनी ने प्रभावित क्षेत्रों के नागरिकों से अपील की कि वे सुबह 9 बजे से पहले पानी की मोटर चलाने और अन्य आवश्यक कार्य निपटा लें, ताकि बिजली गुल रहने के दौरान उन्हें किसी परेशानी का सामना न करना पड़े।
यूपी में मानसून ने रफ्तार पकड़ ली है। मंगलवार सुबह वाराणसी, चंदौली और बरेली में तेज बारिश हुई। लखनऊ-में बूंदाबांदी हुई। प्रदेश के ज्यादातर शहरों में बादल छाए हैं। इससे पहले, प्रयागराज में सोमवार रात 12 बजे तेज बारिश हुई। आज सभी 75 जिलों में बारिश का अलर्ट है। इनमें से 8 जिलों में भारी बारिश की संभावना है। पीलीभीत में बारिश के चलते तालाब का जलस्तर बढ़ने से मगरमच्छ निकलकर रिहायशी इलाके में आ गया। ग्रामीणों ने मगरमच्छ को रस्सियों से बांध दिया। इसकी सूचना मिलते ही वन विभाग की टीम पहुंची और मगरमच्छ को पकड़कर नदी में छोड़ा। सोमवार की बात करें तो 48 शहरों में बारिश हुई। काशी में रेलवे स्टेशन के प्लेटफॉर्म नंबर-8 पर छत से बारिश का पानी टपकने लगा। पानी पंखे से झरने की तरह बह रहा था। सहारनपुर के मां शाकंभरी देवी मंदिर से गुजरने वाली शाकंभरी नदी में अचानक पानी का तेज बहाव आ गया। इससे अफरा-तफरी मच गई। पुलिस ने लाउडस्पीकर से अनाउंस कर कहा- पानी तेजी से आ रहा है, यहां से जल्दी निकल जाएं। पिछले 24 घंटे में सबसे ज्यादा औरैया में 35.9 मिमी बारिश हुई, जो सामान्य 7.5 मिमी से 379 प्रतिशत ज्यादा है। पूरे प्रदेश में 5.7 मिमी बारिश हुई, जो सामान्य 8.9 मिमी से 36 प्रतिशत कम है। 2 तस्वीरें देखिए- लखनऊ के मौसम वैज्ञानिक अतुल कुमार सिंह ने बताया- उत्तर-पश्चिमी बंगाल की खाड़ी में दबाव क्षेत्र बना था, जो उत्तरी ओडिशा तट को पार करते हुए दक्षिणी झारखंड और उत्तरी छत्तीसगढ़ के आसपास केंद्रित है। इसके असर से यूपी में मानसून ने जोर पकड़ लिया है। प्रदेश के कुछ स्थानों पर भारी बारिश हो सकती है। यूपी में मौसम के अपडेट्स के लिए नीचे ब्लॉग से गुजर जाइए…
खाद्य सुरक्षा एवं औषधि नियंत्रण विभाग ने सेदरिया और सिविल लाइंस में कार्रवाई करते हुए 10,434 कैफिनेटेड बेवरेज की बोतलें जब्त कीं। विभाग का कहना है कि इन उत्पादों को एनर्जी ड्रिंक के नाम से बेचा जा रहा था। जब्त किए गए नमूने जांच के लिए प्रयोगशाला भेजे गए हैं। विभाग ने बताया कि सेदरिया स्थित मैसर्स मायाज एंटरप्राइजेज के गोदाम पर छापेमारी के दौरान विभिन्न क्षमता की 9,882 बोतलें जब्त की गई। यहां से कैफिनेटेड बेवरेज के तीन नमूने लेकर जांच के लिए प्रयोगशाला भेजे गए। इसके बाद सिविल लाइंस स्थित मैसर्स बजरंग टेलीकॉम से प्रिडेटर एनर्जी और मॉन्स्टर एनर्जी अल्ट्रा के एक-एक नमूने लिए गए। साथ ही 552 बोतलें भी जब्त की गईं। अधिकारियों के अनुसार, एफएसएसएआई की हालिया गाइडलाइन के तहत कैफिनेटेड बेवरेज को 'एनर्जी ड्रिंक' के रूप में प्रचारित या बेचना भ्रामक प्रचार की श्रेणी में आता है। ऐसे मामलों में 10 लाख रुपए तक जुर्माने का प्रावधान है। अब प्रयोगशाला रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। कार्रवाई में खाद्य विभाग के आनंद कुमार, दीपक कुमार, अजय मोयल, केसरी नंदन शर्मा और राजेंद्र शर्मा शामिल रहे।
छत्तीसगढ़ के वन मंत्री केदार कश्यप ने रायपुर के नकटी गांव में हुई कार्रवाई पर सरकार का पक्ष रखते हुए कहा है कि पूरे गांव में नहीं, बल्कि सिर्फ एक वार्ड में सरकारी जमीन से अतिक्रमण हटाया गया है। प्रभावित परिवारों का पुनर्वास कर उन्हें नया रायपुर में मकान भी उपलब्ध करा दिए गए हैं। मंत्री के मुताबिक, यह कार्रवाई 29 जून को उस हिस्से में की गई थी जहां राजस्व विभाग की जमीन पर कब्जा था। नकटी गांव में कुल 17 वार्ड हैं, जिनमें से केवल एक वार्ड में यह कार्रवाई हुई है, इसलिए पूरे गांव को उजाड़े जाने की बात बिल्कुल गलत है। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि संबंधित जमीन आज भी राजस्व विभाग के ही अधीन है। दूसरी तरफ, इस मामले को लेकर भूपेश बघेल ने कहा कि भाजपा के लोगों को आंख मिलाकर झूठ बोलना सिखाया जाता है और नकटी मामले में सरकार लगातार गलत जानकारी दे रही है। वहीं, पूर्व मंत्री मोहम्मद अकबर ने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार अपनी गलतियों को छिपाने के लिए लगातार अलग-अलग बयानबाजी कर रही है। देखिए नकटी गांव में कार्रवाई की तस्वीरें… 2020 में शुरू हुई थी जमीन आबंटन की प्रक्रिया केदार कश्यप ने कहा कि, नकटी की 15.47 हेक्टेयर जमीन को आवासीय योजना के लिए देने की प्रक्रिया कांग्रेस सरकार के समय शुरू हुई थी। उनके मुताबिक 2020 में छत्तीसगढ़ हाउसिंग बोर्ड ने जमीन आबंटन के लिए तत्कालीन कलेक्टर को प्रस्ताव भेजा था। इसके बाद 26 जून 2021 को पटवारी ने प्रतिवेदन प्रस्तुत किया और प्रशासनिक प्रक्रिया आगे बढ़ी। उन्होंने कहा कि इसी अवधि के दौरान इलाके में अतिक्रमण का दायरा लगातार बढ़ता गया। प्रभावित परिवारों को नया रायपुर में मिले मकान मंत्री ने कहा कि, राजस्व अभिलेखों में संबंधित जमीन हाउसिंग बोर्ड के लिए चिन्हित है। शुरुआती दौर में लगभग 3 हेक्टेयर क्षेत्र में अतिक्रमण था, जो बाद में बढ़कर करीब 15 हेक्टेयर तक पहुंच गया। इसके बाद प्रशासन ने नियमानुसार कार्रवाई की। उन्होंने बताया कि कार्रवाई से पहले जिला प्रशासन ने स्थानीय जनप्रतिनिधियों और प्रभावित परिवारों के साथ कई दौर की चर्चा की थी। साथ ही पुनर्वास और वैकल्पिक व्यवस्था की प्रक्रिया भी चलाई गई थी। सरकार की ओर से प्रभावित परिवारों को नया रायपुर में आवास उपलब्ध कराया गया और मकानों की चाबियां भी सौंपी गईं। सेरीखेड़ी का उदाहरण देकर कांग्रेस को घेरा मंत्री ने सेरीखेड़ी में हुई कार्रवाई का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि कांग्रेस सरकार के कार्यकाल में वहां सैकड़ों परिवारों को हटाया गया था, लेकिन उनके पुनर्वास की व्यवस्था नहीं की गई थी। इसके विपरीत वर्तमान सरकार ने नकटी में प्रभावित परिवारों के लिए पहले पुनर्वास की व्यवस्था की और उसके बाद कार्रवाई की। उन्होंने कहा कि नकटी में हुई कार्रवाई के बाद कुछ राजनीतिक दलों ने लोगों के बीच यह संदेश देने की कोशिश की कि पूरा गांव उजाड़ा जा रहा है, जबकि वास्तविक स्थिति इससे अलग है। मंत्री ने कहा कि प्रशासन ने पूरी प्रक्रिया कानून और नियमों के तहत पूरी की है। विधायक कॉलोनी बनाए जाने के आरोपों पर केदार कश्यप ने कहा कि संबंधित जमीन के उपयोग को लेकर अभी कोई अंतिम निर्णय नहीं लिया गया है। फिलहाल, जमीन राजस्व विभाग के अधीन है। भविष्य में हाउसिंग बोर्ड और संबंधित विभाग नियमानुसार इसके उपयोग को लेकर निर्णय लेंगे। भूपेश बोले- नकटी मामले में सरकार झूठ बोल रही पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने नकटी गांव में हुई बुलडोजर कार्रवाई को लेकर राज्य सरकार पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि भाजपा के लोगों को ‘आंख मिलाकर झूठ बोलना सिखाया जाता है।’ नकटी मामले में सरकार गलत जानकारी दे रही है। भूपेश बघेल ने कहा कि, विधानसभा में भाजपा विधायक धर्मजीत सिंह के सवाल पर राजस्व मंत्री ने जवाब दिया था। उस दौरान मंत्री ओपी चौधरी ने भी नकटी गांव का उल्लेख किया था। उन्होंने दावा किया कि एनआरडीए के तत्कालीन सीईओ अंकित आनंद ने अतिक्रमण हटाने के संबंध में कलेक्टर को निर्देश दिए थे। भूपेश बघेल ने कहा, ‘यह सारी बातें रिकॉर्ड में हैं। अब वही लोग इस मामले में झूठ बोल रहे हैं।’ ‘भाजपा अपनी गलतियों को छिपाने अलग-अलग बयान दे रही’ पूर्व मंत्री मोहम्मद अकबर ने कहा कि हाउसिंग बोर्ड के चेयरमैन अनुराग सिंह देव ने बयान दिया है कि नकटी गांव में सांसद-विधायक कॉलोनी बनाने की कोई योजना नहीं है। लेकिन आवास एवं पर्यावरण विभाग के सचिव ने 4 अक्टूबर 2024 को कलेक्टर को भेजे पत्र में साफ लिखा है कि सांसद-विधायक कॉलोनी के लिए 72 एकड़ जमीन खाली कराकर हाउसिंग बोर्ड को सौंपी जाए। उन्होंने सवाल उठाते हुए कहा कि क्या विभागीय मंत्री के सहमति के बिना कोई वरिष्ठ आईएएस अधिकारी ऐसा पत्र जारी कर सकता है? उनके मुताबिक ऐसा संभव नहीं है। मोहम्मद अकबर ने आरोप लगाया कि भाजपा अपनी गलतियों को छिपाने के लिए अलग-अलग बयान दे रही है। उन्होंने यह भी पूछा कि नकटी गांव में जमीन की घेराबंदी बिना टेंडर के किस मद से और किसके आदेश पर कराई जा रही है। 80 घरों पर चला था बुलडोजर बता दें कि, 29 जून को नकटी गांव में 80 घरों पर बुलडोजर चला दिया गया था। प्रशासन ने प्रभावित परिवारों को EWS मकान दिए हैं, लेकिन सभी को आवास नहीं मिला है। वहीं, हाउसिंग बोर्ड का दावा है कि गांव के 77 लोगों ने 15 हेक्टेयर भूमि पर कब्जा किया था। …………………………. इससे संबंधित यह खबर भी पढ़िए… नकटी गांव के विस्थापितों की खुले आसमान में कटी रात: लोग बोले- बिजली काटकर बुलडोजर चलाया, सांसद ने झूठ बोला; प्रभावितों से मिले भूपेश बघेल रायपुर के नकटी गांव में सोमवार तड़के 4 बजे अचानक बिजली काट दी गई और फिर बुलडोजर चलाकर 80 घरों को ढहा दिया गया। इसके बाद कई विस्थापितों ने खुले आसमान के नीचे रात बिताई, जिनमें बच्चे, बुजुर्ग और महिलाएं शामिल थीं। पढ़ें पूरी खबर…
मैहर जिले में सोमवार-मंगलवार की दरमियानी रात तेज रफ्तार XUV (महिंद्रा-700) आगे चल रहे ट्रक में पीछे से जा घुसी। टक्कर इतनी जोरदार थी कि कार के परखच्चे उड़ गए और उसमें सवार छह युवक फंस गए। पांच युवकों की मौत हो गई, जबकि एक युवक गंभीर रूप से घायल हो गया। हादसा रात करीब 2 बजे नेशनल हाईवे-30 पर नादन देहात थाना क्षेत्र के रिगरा गांव के पास हुआ। सभी लोग अमरपाटन जनपद उपाध्यक्ष मनोज पटेल का जन्मदिन मनाकर लौट रहे थे हादसे के बाद की तस्वीरें देखिए… रेस्क्यू कर निकाले गए शव, एक युवक घायल हादसे की सूचना मिलते ही डायल-112, हाईवे पेट्रोलिंग और नादन देहात थाना पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस और रेस्क्यू टीम ने मशक्कत के बाद कार में फंसे छह युवकों को बाहर निकाला। इनमें पांच की मौके पर ही मौत हो चुकी थी, जबकि एक गंभीर रूप से घायल मिला। घायल को पहले सिविल अस्पताल अमरपाटन ले जाया गया। प्राथमिक इलाज के बाद उसे जिला अस्पताल सतना रेफर किया गया, जहां उसका इलाज जारी है। ड्राइवर बोला- ट्रक स्लो चल रहा था, XUV स्पीड में थी ट्रक ड्राइवर चितरंजन दास चंदेल ने बताया कि हमारी गाड़ी 40-45 की स्पीड में चल रही थी। वहीं, XUV बहुत स्पीड में थी। कुछ समझ में नहीं आया कि कितनी तेजी से मारा। सिर्फ धड़ाम की आवाज आई। ट्रक के पीछे के दोनों टायर खराब हो गए। गाड़ी पलटने से बच गई। सभी युवक जनपद उपाध्यक्ष मनोज पटेल के रिश्तेदार पांचों युवकों की पहचान कर ली गई है। मृतकों में अंकुर पटेल (40) पिता गोविंद पटेल, मृदुल पटेल (32) पिता महेंद्र पटेल, विजय पटेल (30) पिता नागेंद्र पटेल, हरीशंकर पटेल (25) पिता नागेंद्र पटेल और शिवा पटेल (23) पिता संजू पटेल शामिल हैं। चार युवक मैहर जिले के तनाजा के रहने वाले थे, जबकि शिवा पटेल नरोरा गांव के थे। हादसे में घायल ओम पटेल पहले अमरपाटन सिविल अस्पताल ले जाया गया। प्राथमिक इलाज के बाद उसकी गंभीर हालत को देखते हुए डॉक्टरों ने उसे सतना मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया, जहां उसका इलाज जारी है। शुरुआती जांच में सामने आया कि सभी युवक अमरपाटन जनपद उपाध्यक्ष मनोज पटेल का बर्थड मनाकर लौट रहे थे। हादसे में जान गंवाने वाले सभी युवक मनोज पटेल के रिश्तेदार बताए जा रहे हैं। हादसे के बाद हाईवे पर कुछ देर यातायात प्रभावित प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, तेज रफ्तार XUV (MP13 L1887) रिगरा गांव के पास आगे चल रहे ट्रक के पीछे जा घुसी। टक्कर में वाहन का अगला हिस्सा पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया और उसमें सवार युवक अंदर फंस गए। हादसे के कारणों की जांच की जा रही है। शुरुआती तौर पर तेज रफ्तार और चालक का वाहन पर नियंत्रण खोना दुर्घटना की वजह माना जा रहा है। पुलिस ने पांचों शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम के लिए मैहर सिविल अस्पताल की मॉर्चुरी भेज दिया। हादसे के बाद हाईवे पर कुछ देर यातायात प्रभावित रहा, जिसे बाद में सामान्य कराया गया। नादन देहात थाना प्रभारी पंचराज सिंह ने बताया, हादसे में पांच लोगों की मौत हुई है, जबकि एक युवक गंभीर रूप से घायल है। उसे इलाज के लिए अस्पताल भेजा गया है। पुलिस ने मामला दर्ज कर दुर्घटना के कारणों की जांच शुरू कर दी है।
सहारनपुर के बड़गांव थाना क्षेत्र की एक विवाहिता ने पति समेत पांच ससुरालियों पर दहेज के लिए प्रताड़ित करने, मारपीट करने और जान से मारने की धमकी देने का आरोप लगाया है। पुलिस ने पीड़िता की शिकायत पर सोमवार शाम 5 बजे मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस के अनुसार, बड़गांव थाना क्षेत्र के मियानगी गांव निवासी पूजा की शादी 24 फरवरी 2019 को नागल थाना क्षेत्र के आमकी दीपचंदपुर निवासी जयदीप से हुई थी। विवाहिता का आरोप है कि शादी के बाद से ही ससुराल पक्ष कम दहेज लाने की बात कहकर उसका उत्पीड़न करता रहा। बेटी के साथ नदी किनारे छोड़ने का आरोप पीड़िता ने तहरीर में बताया कि 21 जून 2026 को उसके पति ने उसके साथ मारपीट की और उसे उसकी बेटी सहित भगवानपुर के पास नदी किनारे छोड़कर चला गया। बाद में परिजनों और गांव के लोगों के हस्तक्षेप से दोनों पक्षों में समझौता हुआ, जिसके बाद वह दोबारा ससुराल चली गई। समझौते के बाद फिर शुरू हुई प्रताड़ना विवाहिता का आरोप है कि ससुराल लौटने के बाद फिर उससे 2 लाख रुपये और कार की मांग की जाने लगी। मांग पूरी नहीं होने पर उसके साथ मारपीट की गई। जान बचाने के लिए वह किसी तरह घर से निकलकर मायके पहुंची। बच्चों को रोकने और धमकी देने का भी आरोप पीड़िता का कहना है कि ससुराल पक्ष ने उसे और उसके परिवार को जान से मारने की धमकी दी है। उसने यह भी आरोप लगाया कि उसके बच्चों को ससुराल पक्ष ने अपने पास रखा हुआ है। पांच लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज बड़गांव थाना पुलिस ने विवाहिता की शिकायत पर पति जयदीप, विश्वदीप, कुलदीप उर्फ बंटी, अतरी और स्वाती के खिलाफ दहेज उत्पीड़न, मारपीट और अन्य संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है। पुलिस का कहना है कि जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
बादल छाने से पारा गिरा, उमस ने किया बेहाल:9 जुलाई तक बारिश के आसार, बीच-बीच में धूप बढ़ाएगी गर्मी
कानपुर शहर में मंगलवार सुबह से घने बादल छाए हुए हैं। हवा चलने से सुबह के समय मौसम सुहावना है। लोगों को गर्मी व उमस से राहत मिली है। मौसम विशेषज्ञ शाम तक बारिश के आसार जता रहे हैं। उनका कहना है कि बारिश के बाद तापमान गिरेगा जो कि गर्मा से राहत दिलाने का काम करेगा। इससे पहले सोमवार को तापमान में गिरावट के बावजूद उमस ने लोगों की परेशानी कम नहीं होने दी। सुबह से आसमान में आंशिक बादल छाए रहे, लेकिन बीच-बीच में निकली तेज धूप ने गर्मी का एहसास बरकरार रखा। दिनभर हवा में नमी अधिक रहने से लोग पसीने से तरबतर रहे। सड़कों पर निकलने वाले राहगीर उमस से परेशान नजर आए, जबकि शाम करीब चार बजे के बाद आसमान में घने बादल छा गए। दो डिग्री गिरा तापमान सीएसए के मौसम विभाग के अनुसार अधिकतम तापमान 36.0 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो पिछले दिन की तुलना में 2 डिग्री कम रहा। वहीं न्यूनतम तापमान 2.6 डिग्री की गिरावट के साथ 25.8 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। अधिकतम सापेक्ष आर्द्रता 84 प्रतिशत रहने के कारण दिनभर उमस बनी रही। शाम को सड़कों पर निकले लोग देर शाम बादल छाते ही लोगों ने पार्कों व मॉल आदि का रुख किया। शाम को सड़कों में भीड़ भी देखी गई लेकिन उमस से लोग बेहाल दिखे। गंगा बैराज स्थित मैगी प्वाइंट पर लोग पहुंचे लेकिन गंगा का किनारा होने के बाद भी उमस से बेहाल नजर आए। 09 जुलाई तक बारिश के आसार मौसम विशेषज्ञ डॉ. एसएन सुनील पांडेय ने बताया कि आने वाले 24 घंटों में शहर में आंशिक रूप से बादल छाए रहेंगे। दोपहर या शाम के समय तेज हवाओं के साथ गरज-चमक और हल्की बारिश की संभावना है। अधिकतम तापमान 36 से 37 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 26 से 32 डिग्री के बीच रहेगा। 09 जुलाई तक शहर में बादल छाए रहने और रुक-रुक कर बारिश होने के आसार हैं।
मुरादाबाद की सपा सांसद रुचिवीरा और कांठ से सपा विधायक कमाल अख्तर के बीच का विवाद अभी ठंडा भी नहीं पड़ा था। इसी बीच रुचिवीरा ने कुंदरकी से BJP विधायक ठाकुर रामवीर सिंह के खिलाफ मोर्चा खोल दिया। अब दोनों नेताओं के बीच जुबानी जंग शुरू हो गई है। रुचिवीरा ने कुंदरकी उपचुनाव को लेकर चुनाव में धांधली और सरकारी मशीनरी के दुरुपयोग का आरोप लगाया। उन्होंने कहा- कुंदरकी में चुनाव नहीं, वोटों की डकैती हुई थी। इस पर पलटवार करते हुए ठाकुर रामवीर ने कहा- रुचिवीरा टिकट खरीदकर सांसद बनी हैं और उन्हें जमीनी राजनीति का कोई अनुभव नहीं है। अब पढ़िए दोनों नेताओं ने क्या कहा? निष्पक्ष चुनाव में असली हैसियत का पता चलता रुचिवीरा ने कहा- जिस उपचुनाव के जरिए रामवीर ठाकुर विधायक बने, वह चुनाव नहीं था, बल्कि कुंदरकी में वोटों की डकैती हुई थी। सरकारी मशीनरी का खुलकर दुरुपयोग किया गया। अगर निष्पक्ष चुनाव होता तो उन्हें अपनी असली हैसियत का पता चल जाता। वे मुंगेरीलाल के हसीन सपने देखना बंद करें। एक बार लट्ठ धूल में लग चुका है, अब आगे ऐसा नहीं होगा। कुंदरकी में बड़ी संख्या में रहने वाली तुर्क बिरादरी स्वाभिमानी है और वक्त आने पर जवाब देगी। 2027 के चुनाव में विधायक को दाल-आटे का भाव पता चल जाएगा। समाजवादी पार्टी जिले की सभी छह विधानसभा सीटें भारी मतों से जीतने जा रही है। टिकट खरीदकर सांसद बनीं रूचिवीरा रुचि वीरा के बयान पर पलटवार करते हुए कुंदरकी विधायक रामवीर ठाकुर ने कहा-रुचिवीरा पैसे वाली सांसद हैं। उन्होंने रातोंरात टिकट खरीदकर सिर्फ 15 दिन में सांसद बनने का रास्ता तय कर लिया। उन्हें जमीन पर संघर्ष करने का कोई अनुभव नहीं है। मैं पिछले 30 साल से कुंदरकी में जनता के बीच रहकर संघर्ष कर रहा हूं और रिकॉर्ड डेढ़ लाख वोटों से चुनाव जीता हूं। रुचि वीरा को उनकी अपनी पार्टी में ही कोई नेता नहीं मानता। सिर्फ कमाल अख्तर को छोड़ दें तो बिलारी विधायक फहीम, देहात से हाजी नासिर कुरैशी और ठाकुरद्वारा से नवाबजान भी उनके साथ नजर नहीं आते। सपा विधायक न उन्हें अपने कार्यक्रमों में बुलाते हैं और न उनके कार्यक्रमों में जाते हैं। यहां तक कि उनकी अध्यक्षता में होने वाली दिशा समिति की बैठकों में भी सपा विधायक शामिल नहीं होते। अब जानिए, यह विवाद कैसे शुरू हुआ? दरअसल, 29 जून को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ मुरादाबाद पहुंचे थे। इस दौरान एक जनसभा को संबोधित करते हुए उन्होंने कुंदरकी उपचुनाव का जिक्र किया। सीएम योगी ने कहा- मैं कुंदरकी की जनता का धन्यवाद दूंगा, जिसने तुर्कों को परास्त कर यह साबित कर दिया कि यहां बाबर का राज नहीं, रामराज चलेगा। आपने रामराज के प्रतीक के रूप में ठाकुर रामवीर को विधायक बनाकर भेजा है। समाजवादी पार्टी की सोच बाबरी सोच है। यही सोच संभल के हरिहर मंदिर और वहां के धार्मिक स्थलों के अस्तित्व के साथ खिलवाड़ करती रही है। रुचिवीरा बोलीं- कोई मुंगेरीलाल के हसीन सपने न देखे CM के बयान पर पलटवार करते हुए रुचिवीरा ने कहा- मुख्यमंत्री तुर्कों का इतिहास नहीं जानते। तुर्क तो बड़े-बड़ों को परास्त करने का दम रखते हैं। कुंदरकी में चुनाव नहीं हुआ, वहां वोटों की लूट हुई थी। इसे धूल में लट्ठ लगना भी कह सकते हैं। कोई मुंगेरीलाल के हसीन सपने न देखे। 2027 में मुरादाबाद की 6 की 6 सीटें समाजवादी पार्टी जीतेगी। रुचिवीरा के इस बयान के बाद कुंदरकी विधायक रामवीर ठाकुर ने भी पलटवार किया। उन्होंने सपा सांसद पर राजघराने की राजनीति करने और जमीनी संघर्ष से दूर रहने का आरोप लगाया। इसके बाद से दोनों नेताओं के बीच लगातार आरोप-प्रत्यारोप का दौर जारी है। दरअसल, कुंदरकी तुर्क बहुल विधानसभा सीट मानी जाती है। इस सीट के गठन के बाद पहली बार कोई गैर-मुस्लिम और गैर-तुर्क नेता विधायक बना है। इससे पहले यहां लगातार तुर्क बिरादरी के नेता ही चुनाव जीतते रहे हैं। अब जानिए रुचिवीरा और कमाल अख्तर के बीच विवाद के बारे में…. दरअसल, सपा सांसद रुचिवीरा 'पीडीए सम्मेलन' में न बुलाए जाने से नाराज हैं। वे मानती हैं कि इसके पीछे विधायक कमाल अख्तर का हाथ था। हालांकि, कमाल अख्तर का कहना है कि उन्होंने लोकसभा चुनाव में रुचिवीरा को बहन मानकर उनके लिए मेहनत की। जिस पीडीए सम्मेलन में न बुलाए जाने की बात की जा रही है, वह अमजद पठान को महानगर उपाध्यक्ष बनाए जाने के मौके पर हुआ था। 14 जून को आयोजन मुरादाबाद ग्रामीण विधानसभा क्षेत्र में राज्यसभा सांसद जावेद अली की तरफ से किया गया था। आगे जानिए, लखनऊ की मीटिंग में क्या हुआ… अखिलेश के सामने भिड़े सांसद-विधायक सूत्रों के मुताबिक, बैठक में अखिलेश यादव के सामने सांसद रुचि वीरा और कमाल अख्तर के बीच खूब कहासुनी हुई। रुचि वीरा ने पार्टी कार्यक्रमों में न बुलाने और पोस्टरों में फोटो न लगाए जाने आरोप लगाया। वहीं, कमाल अख्तर ने रुचि वीरा की ओर से कराए गए मुशायरे और आजम खान के जन्मदिन कार्यक्रम में खुद को न बुलाए जाने का आराेप लगाया। अखिलेश के साथ हो रही बैठक में मौजूद एक अन्य व्यक्ति खुशनूद को लेकर भी काफी बहस हुई। बैठक में मौजूद खुशनूद, रुचि वीरा के पक्ष में बात रख रहे थे। इस पर कमाल अख्तर ने ऐतराज जताया और बोले- जावेद अली सांसद हैं, मैडम भी सांसद हैं, मैं विधायक हूं, ये जयवीर जिलाध्यक्ष हैं? ये कौन हैं ? इसका यहां क्या काम है? इस पर रूचि वीरा ने कहा- ये खुशनूद है और ये मेरे साथ आया है। तब कमाल अख्तर बोले- हमारे साथ भी बाहर बहुत लोग हैं, उन्हें भी बुला लूं? विवाद बढ़ने पर अखिलेश यादव ने कमाल अख्तर और रुचि वीरा को रोका और खुशनूद से पूछा कि कहां के रहने वाले हो? खुशनूद ने बताया कि वो बिजनौर का रहने वाला है। तब अखिलेश ने कहा कि जब बिजनौरवालों को बुलाऊंगा, तब तुम बोलना। इसके बाद रूचि वीरा ने भी खुशनूद को चुप रहने को कहा। ---------------------- ये खबर भी पढ़िए- सांसद रुचिवीरा बोलीं- अखिलेश का आदेश मानें कमाल अख्तर:भाजपा में जाने की अटकलों पर कहा- सबूत दिखाएं मुरादाबाद की सपा सांसद रुचिवीरा और कांठ से सपा विधायक कमाल अख्तर के बीच का टकराव सुर्खियों में है। इस कलह को खत्म कराने के लिए सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव कमाल अख्तर से विधानमंडल दल के मुख्य सचेतक का पद छीन चुके हैं। बावजूद इसके ये मामला ठंडा पड़ता नजर नहीं आ रहा है। इस बीच रुचिवीरा के भाजपा में जाने की खबरें भी तेजी से फैलीं। दैनिक भास्कर ने रुचि वीरा से सवाल किए। पूरी खबर पढ़ें…

