वाराणसी में व्यापारी, महिलाओं और सामाजिक लोगों से साइबर ठगी करने वाले एक गिरोह को पुलिस ने मंगलवार को गिरफ्तार कर लिया। इस गिरोह के गुर्गों ने एक व्यापारी से 50 लाख की ठगी की फिर अपने नंबर बंद कर लिए। जांच में जुटी पुलिस के हत्थे तीनों अपराधी चढ़ गए। पुलिस ने झारखंड के देवघर निवासी पुरुषोत्तम कुमार पुत्र सुनील दास और टुकटुक कुमार पंडित पुत्र बलदेव पंडित के साथ बलिया निवासी अनीश वर्मा पुत्र सुभाष वर्मा को कोर्ट में पेश किया, जहां से तीनों को जेल भेज दिया गया है। डीसीपी क्राइम आकाशी पटेल ने बताया कि साइबर क्राइम सेल ने साइबर ठगी करने वाले गिरोह का पर्दाफाश किया है। ये अपराधी फेसबुक पर फर्जी आईडी बनाकर क्रेडिट कार्ड बनाने/लिमिट बढ़ाने का विज्ञापन देते थे। इसके बाद जाल में फंसे व्यक्तियों से मोबाइल नंबर, पैन कार्ड, बैंक विवरण प्राप्त करते थे। ICICI Bank Credit Card के नाम से हूबहू दिखने वाला कूटरचित APK फाइल भेजकर इंस्टॉल कराते थे। पीड़ित को वीडियोकाल कर के उसके वर्तमान क्रेडिट कार्ड का डीटेल प्राप्त कर लेने के बाद OTP का प्रयोग कर क्रेडिट कार्ड से ऑनलाइन ट्रांजेक्शन/वॉलेट ट्रांसफर/वर्चुअल कार्ड जनरेट कर धन आहरित करना। फर्जी सिम कार्ड एवं बार-बार बदले गए मोबाइल उपकरणों का प्रयोग करते थे। प्राप्त धनराशि को विभिन्न वॉलेट के माध्यम से रेंट पे फैसिलिटी का लाभ लेकर बैंक खातों में ट्रांसफर करना और कार्ड से सीधे पेमेंट कर आनलाइन खरीददारी करना इनका मुख्य काम था। इनके पास से 10 मोबाइल फोन, 9 अदद सिम कार्ड, लगभग 200 APK फाइलें समेत विभिन्न संदिग्ध ऐप्स डिजिटल साक्ष्य भी बरामद हुए।
वाराणसी में पारिवारिक कलह-क्लेश के बाद पति और पत्नी ने एक दूसरे से घंटों झगड़ा किया। दोनों के बीच हाथापाई हुई फिर एक दूसरे का मुंह जीवन में कभी ना देखने की कसम खाई। जिद में दोनों ने अपने को एक-एक कमरे में बंद कर लिया। पत्नी से अपमानित होने के बाद सबसे पहले पति ने कमरे में खुद को बंद किया फिर चादर का फंदा बनाकर पंखे के कुंडे से लटक गया। जरा सी चीख आई तो लोग कमरे की ओर भागे, जब तक दरवाजा और कुंडी तोड़कर अंदर गए युवक ने दम तोड़ दिया था। दूसरे कमरे में मौजूद पत्नी को जब पति के फांसी लगाने की खबर मिली तो वो बेसुध हो गई और आनन फानन में खुद की मौत का इंतजाम करने लगी। परिजनों की नजरों से ओझल होकर स्टोर रूम में पहुंची और वहां रखा जहर खा लिया। जहर खाते ही महिला बेहोश हो गई, जिसके बाद उसके मुंह से झाग निकलने लगा। आनन फानन उसे एक निजी अस्पताल ले जाया गया। जहां हालत देर रात तक गंभीर बनी हुई है और महिला जिंदगी मौत से हर मिनट जंग लड़ रही है। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम कराने भेजा है। एसीपी चेतगंज ईशान सोनी ने बताया कि वाराणसी के सिगरा थाना क्षेत्र में मंगलवार रात पत्नी से विवाद के बाद पति ने आत्मघाती कदम उठा लिया। सोनिया क्षेत्र निवासी संदीप प्रजापति उर्फ बाबू (35), पुत्र स्वर्गीय रामदास प्रजापति, पेशे से पान विक्रेता थे। उनका अपनी पत्नी अनीता प्रजापति से अक्सर पारिवारिक विवाद होता रहता था। मंगलवार की शाम भी किसी बात को लेकर दोनों के बीच कहासुनी हुई थी। इससे आहत होकर संदीप ने घर के कमरे में पंखे से फांसी लगाकर अपनी जीवनलीला समाप्त कर ली। घटना की जानकारी जैसे ही परिजनों और आसपास के लोगों को हुई, मौके पर अफरा-तफरी मच गई। इसी बीच पति की मौत से आहत पत्नी अनीता प्रजापति ने भी विषाक्त पदार्थ का सेवन कर लिया। उनकी हालत बिगड़ने पर परिजनों ने तत्काल उन्हें मंडलीय अस्पताल पहुंचाया, जहां उनका इलाज जारी है। चिकित्सकों के अनुसार विवाहिता की हालत गंभीर बनी हुई है। सोनिया इलाके में घरेलू कलह से परेशान पान विक्रेता ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। सूचना मिलने पर सिगरा थाना पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पंचनामा भरने के बाद पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पुलिस और फोरेंसिक टीम मौके पर पहुंचकर जांच में जुट गई।फोरेंसिक टीम ने घटनास्थल से साक्ष्य एकत्र किए हैं।
गोरखपुर में होली के रंग में रंगी महिलाएं, VIDEO:जमकर किया डांस, दादी की भजनों में लीन हुई
गोरखपुर में दादी परिवार महिला मंडल की ओर से होली उत्सव का शानदार आयोजन किया गया। इस दौरान राधा कृष्ण की झांकी आकर्षण का केंद्र रही। इस आयोजन में महिलाओं ने बढ़चढ़ कर हिस्सा लिया। प्रोग्राम में श्री राणी सती दादी के भव्य दरबार सजाया गया। जिसमें गोरखपुर के युवा भजन गायक राज पांडे ने अपने भजनों से शमां बांधा। साथ ही होली के सुंदर गानों से सभी को झूमने परमजबूर कर दिया। महिलाओं ने जमकर डांस किया। एक दूसरे को गुलाल लगाकर होली की बधाई दी। पूरा परिसर होली के रंग में रंगा नजर आया। सभी ने खुलकर आनंद लिया। राधा कृष्ण के साथ फोटो खिंचवाई और दादी का आशीर्वाद लिया। सुरों से बंधा शमां भजन गायक राज पांडेय ने अपनी मधुर से आवाज से दादी थारे ही भरोसे मेरा परिवार है, तेरा ही भरोसा है तेरा ही सहारा है, होली खेलागा दादी रंग और गुलाल से, दादी ओढ़ ले सतरंगी चुनर होली आई रे, 'लक्ष्मी शारदा काली तू भक्तों की प्रतिपालक तू' जैसे सुंदर भजन गए कर लोगों को मंत्र मुग्ध कर दिया। इस दौरान आशा अग्रवाल,साधना लीलारिया, किरण पोद्दार,उमा पोद्दार,शारदा चांदवासिया,सुनीता टिबडेवाल, सुमन सिंघानिया, बबीता जालान, मंजूश्री जालान, उमा तुलस्यान,मधु तुलस्यान,रंजू अग्रवाल ,विजया,संजू ,सविता गुप्ता ,इंदिरा चौधरी ,प्रिया खेतान, मंजू नेमानी, नेहा मातनहेलिया, पूजा बंसल,उषा जालान,सुमन अग्रवाल,आरती टिंबरेवाल,चंदा रुंगटा, शकुंतला किसान, उषा खाटूवाला, पूनम अग्रवाल, सविता जालान, श्यामा तुलस्यान,आशा अग्रवाल,ममता अग्रवाल,मीना अग्रवाल, रेनू अग्रवाल,श्वेता सराफ,किरण तुलस्यान, विजया झुनझुनवाला,संगीता बजाज उपस्थित रहे।
लखनऊ विकास प्राधिकरण की सुल्तानपुर रोड स्थित आईटी सिटी योजना में शामिल 11 गांवों की जमीनों की खरीद-बिक्री पर अगले 15 दिनों में रोक लग सकती है। प्रस्ताव शासन को भेज दिया गया है। रोक लगने के बाद बाहरी लोग यहां जमीन की रजिस्ट्री नहीं करा सकेंगे। सिर्फ मूल भूस्वामी ही लैंडपूलिंग प्रक्रिया में हिस्सा ले पाएंगे। एलडीए किसान पथ के किनारे 3409 एकड़ में आईटी सिटी विकसित कर रहा है। योजना में अब तक करीब 1000 एकड़ जमीन लैंडपूलिंग के जरिए ली जा चुकी है। इसके तहत जमीन देने वाले किसानों को 25% विकसित प्लॉट दिए जा रहे हैं, जबकि 10 एकड़ से अधिक जमीन देने वालों को 50% तक विकसित जमीन लौटाई जा रही है। पहले चरण में लैंडपूलिंग करने वाले किसानों के लिए 28 फरवरी को प्लॉटों की लॉटरी प्रस्तावित है। छह महीने पहले स्वीकृत इस योजना के लिए अब तक करीब एक-तिहाई जमीन जुटाई जा चुकी है। शेष जमीन तेजी से हासिल करने के लिए एलडीए अब खरीद-बिक्री पर रोक लगाने की तैयारी में है। रोक के बाद भी जारी रहेगी लैंडपूलिंग योजना के संयुक्त सचिव सुशील प्रताप सिंह के मुताबिक, लगभग 1000 एकड़ सरकारी जमीन का पुनर्ग्रहण किया जाएगा, जो शासनादेश के बाद एलडीए को मिल जाएगी। इस तरह करीब 2000 एकड़ जमीन उपलब्ध हो जाएगी। शेष 1000 एकड़ भी लैंडपूलिंग से जुटाई जाएगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि खरीद-बिक्री पर रोक लगने के बाद भी लैंडपूलिंग जारी रहेगी, लेकिन यह केवल मूल किसान ही कर सकेंगे। कोई बाहरी व्यक्ति जमीन खरीदकर योजना में शामिल नहीं हो पाएगा। रजिस्ट्री पर रोक के लिए निबंधन विभाग को गाटा नंबर सहित पूरा ब्योरा भेजा जा रहा है, ताकि एलडीए के अलावा किसी अन्य के पक्ष में रजिस्ट्री न हो। योजना में शामिल गांव बक्कास, सोनई कंजेहरा, सिकंदरपुर अमोलिया, सिद्धपुरा, परेहटा, पहाड़नगर टिकरिया, रकीबाबाद, मोहारी खुर्द, मोहारी कला, खुजौली और भटवारा गांव इस योजना में शामिल हैं। एलडीए वीसी प्रथमेश कुमार ने बताया कि योजना में शामिल गांवों की जमीन की खरीद-बिक्री पर रोक लगाने के लिए जिलाधिकारी के माध्यम से शासन को पत्र भेजा गया है। जल्द ही रोक लागू होगी। इसके बाद रजिस्ट्री बंद कर दी जाएगी।
ज्वेलरी फर्म से 7.940 किलो चांदी लेकर कारीगर फरार:अशोक नगर थाने में एफआईआर दर्ज; पुलिस जुटी जांच में
शहर के अशोक नगर थाना क्षेत्र में एक ज्वेलरी निर्यातक फर्म से करीब 7 किलो 940 ग्राम चांदी लेकर कारीगर के फरार होने का मामला सामने आया है। पीड़ित फर्म संचालक की शिकायत पर पुलिस ने आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस के अनुसार, सुदर्शनपुरा इंडस्ट्रियल एरिया निवासी उम्मेद सिंह धुल ने रिपोर्ट दर्ज कराई है। उन्होंने बताया कि वह यू.वी. ओवरसीज फर्म के मैनेजिंग डायरेक्टर हैं, जो ज्वेलरी निर्माण और निर्यात का कार्य करती है। उनकी फर्म में करीब 600 कर्मचारी कार्यरत हैं, जबकि कई कारीगर घर पर जेवर बनाकर सप्लाई करते हैं। पीड़ित के अनुसार, सुरेश विश्वास नामक कारीगर लंबे समय से फर्म से जुड़ा हुआ था और उस पर पूरा भरोसा था। वह समय-समय पर चांदी और स्टोन लेकर घर पर जेवर तैयार कर कंपनी को जमा करता था। हाल ही में उसने 7 किलो 940 ग्राम चांदी जेवर बनाने के नाम पर ली, लेकिन तय समय पर जेवर वापस नहीं किए। काफी समय तक टालमटोल करने के बाद आरोपी ने फोन बंद कर लिया और फरार हो गया। बाद में जानकारी मिली कि वह कोलकाता भाग गया है। पीड़ित के अनुसार, जब उससे संपर्क हुआ तो उसने साफ इनकार कर दिया कि उसके पास चांदी है या वह उसे वापस करेगा। शिकायतकर्ता ने बताया कि चांदी देने से जुड़े सभी बिल-बाउचर उनके पास सुरक्षित हैं, जिन पर आरोपी के हस्ताक्षर भी मौजूद हैं। इसके आधार पर पुलिस ने आरोपी के खिलाफ धोखाधड़ी और गबन का मामला दर्ज किया है। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है और आरोपी की तलाश के लिए टीम गठित की गई है। जल्द ही उसे गिरफ्तार कर चांदी की बरामदगी के प्रयास किए जाएंगे।
प्रयागराज के मांडा में बेखौफ बाइक सवार तीन बदमाशों ने मंगलवार शाम सनसनीखेज वारदात को अंजाम दिया। बाइक से घर लौट रहे ज्वेलर पर हमला कर ज्वेलरी और नकदी समेत करीब 46 लाख रुपये का माल लूट लिया। इसमें 200 ग्राम सोना, 5 किलो चांदी और एक लाख कैश था। बदमाश उसकी लाइसेंसी रिवाल्वर भी लूट ले गए। असलहे की बट से किए गए हमले में ज्वेलर गंभीर रूप से घायल हो गया, जिसे अस्पताल में भर्ती कराया गया है। देर रात तक पुलिस को लुटेरों का कोई सुराग नहीं मिल सका था।चिलबिला बाजार में चलाते हैं दुकानपीड़ित व्यापारी प्रदीप कुमार सोनी नई बाजार, भारतगंज वार्ड नंबर-3 के निवासी हैं। उनके भाई रंजीत सोनी ने बताया कि दोनों भाई चिलबिला बाजार में ज्वेलरी की दुकान चलाते हैं। प्रदीप छोटे भाई हैं। रोज की तरह मंगलवार शाम करीब 6:40 बजे वह दुकान बंद कर घर लौट रहे थे।पीछे से आए तीनों बदमाशचकदीहा गांव के पंचायत भवन के सामने पहुंचते ही पीछे से आए बाइक सवार तीन बदमाशों ने उन्हें रोक लिया। वह कुछ समझ पाते, इससे पहले ही एक बदमाश ने असलहा निकाल लिया और तीनों ने उन पर हमला बोल दिया। सिर पर असलहे की बट से किए गए हमले में वह लहूलुहान होकर जमीन पर गिर पड़े। इसके बाद भी बदमाश उन्हें पीटते रहे। शोर सुनकर ग्रामीण मौके पर पहुंचे, लेकिन बदमाशों ने असलहा लहराते हुए गोली मारने की धमकी दी, जिससे लोग पीछे हट गए।बैग में दुकान, लाॅकर की चाबियां भी थींइसके बाद बदमाश उनके पास मौजूद बैग लूटकर फरार हो गए। बैग में 200 ग्राम सोना, पांच किलो चांदी और एक लाख रुपये नकद थे। साथ ही उनकी लाइसेंसी रिवाल्वर भी बदमाश लूट ले गए। बैग में दुकान और लॉकर की चाबियां भी रखी थीं।घटना के बाद घायल ज्वेलर ने फोन कर परिजनों को सूचना दी। सूचना मिलते ही उनके भाई और अन्य परिचित मौके पर पहुंचे। मांडा पुलिस और मेजा एसीपी भी घटनास्थल पर पहुंच गए। पुलिस ने घंटों तक छानबीन की, लेकिन लुटेरों का कोई सुराग नहीं मिला।पीड़ित के भाई रंजीत सोनी ने बताया कि प्रदीप की हालत गंभीर होने पर उन्हें प्रयागराज रेफर किया गया है। हमले में उनके सिर में गंभीर चोटें आई हैं।एसीपी बोले- टीमें लगाई गईंएसीपी मेजा संत प्रसाद उपाध्याय ने बताया कि लुटेरों की तलाश में टीमें लगा दी गई हैं। घटनास्थल तक आने-जाने वाले रास्तों की जांच की जा रही है। यह भी देखा जा रहा है कि आसपास कहीं सीसीटीवी कैमरे लगे हैं या नहीं। फिलहाल घायल ज्वेलर का अस्पताल में इलाज चल रहा है।
ललित कला अकादमी में 'वर्धनी' व्याख्यान:शोधार्थियों ने साझा की अपनी कला यात्रा और नए प्रयोग
लखनऊ में ललित कला अकादमी के क्षेत्रीय केंद्र में 'वर्धनी' शीर्षक से एक विशेष व्याख्यान का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में अकादमी के शोधार्थियों ने अपनी कला यात्रा, शोध प्रक्रिया और नए प्रयोगों को साझा किया।कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्ज्वलन के साथ हुआ। इस सत्र के मुख्य आकर्षण नई दिल्ली से छात्रवृत्ति प्राप्त दो युवा कलाकार थे। आंध्र प्रदेश के कनुमोनु वेणु (पेंटिंग) ने अपनी चित्रकला में किए जा रहे नवीन प्रयोगों और वैचारिक सोच पर विस्तार से बताया । उन्होंने बताया कि विषय चयन, गहन शोध और तकनीकी बदलाव कला को नई दिशा प्रदान करते हैं। उनके अनुभवों ने विद्यार्थियों को शोध की बारीकियों से अवगत कराया। छायांकन को कहानी कहने का सशक्त माध्यम वहीं, सौरभ सिंह (फोटोग्राफी) ने छायांकन को कहानी कहने का एक सशक्त माध्यम बताया। उन्होंने कैमरे के माध्यम से भाव, परिवेश और विचारों को अभिव्यक्त करने की तकनीकों पर चर्चा की। उनकी प्रस्तुति में आधुनिक फोटोग्राफी के बदलते आयाम स्पष्ट रूप से परिलक्षित हुए। इस कार्यक्रम में शहर के कई वरिष्ठ कलाकार, अन्य शोधार्थी और बड़ी संख्या में कला छात्र मौजूद थे। प्रस्तुतियों के बाद एक प्रश्नोत्तर सत्र आयोजित किया गया, जिसमें कला की तकनीक, प्रयोगों और भविष्य की संभावनाओं पर विस्तृत चर्चा हुई। कला में निरंतर अभ्यास अत्यंत आवश्यक वरिष्ठ फोटोग्राफर राकेश सिन्हा ने शोधार्थियों के कार्यों की सराहना करते हुए कहा कि कला में निरंतर अभ्यास और नई तकनीकों का समावेश अत्यंत आवश्यक है। वरिष्ठ कलाकार संदीप भाटिया ने टिप्पणी की कि एक विचार धीरे-धीरे कैनवास पर आकार लेता है, और इन दोनों कलाकारों की कृतियों में रंगों का संयोजन उनकी परिपक्वता को दर्शाता है। क्षेत्रीय सचिव डॉ. देवेंद्र त्रिपाठी ने कहा कि कला केवल अभिव्यक्ति का माध्यम नहीं, बल्कि एक साधना है। उन्होंने यह भी बताया कि केंद्र कलाकारों को मंच प्रदान कर उनकी प्रतिभा को निखारने का कार्य कर रहा है। कार्यक्रम में उपस्थित कलाकारों और कला प्रेमियों ने भी प्रस्तुति के बाद शोधार्थियों से संवाद किया।इस अवसर पर वरिष्ठ फोटोग्राफर राकेश सिन्हा, वरिष्ठ कलाकार संदीप भाटिया और क्षेत्रीय सचिव डॉ. देवेंद्र त्रिपाठी उपस्थित रहे। अतिथियों ने दोनों शोधार्थियों को सम्मानित कर उनका उत्साहवर्धन किया। कला में निरंतर अभ्यास अत्यंत आवश्यक वरिष्ठ फोटोग्राफर राकेश सिन्हा ने शोधार्थियों के कार्यों की सराहना करते हुए कहा कि कला में निरंतर अभ्यास और नई तकनीकों का समावेश अत्यंत आवश्यक है। वरिष्ठ कलाकार संदीप भाटिया ने टिप्पणी की कि एक विचार धीरे-धीरे कैनवास पर आकार लेता है, और इन दोनों कलाकारों की कृतियों में रंगों का संयोजन उनकी परिपक्वता को दर्शाता है। क्षेत्रीय सचिव डॉ. देवेंद्र त्रिपाठी ने कहा कि कला केवल अभिव्यक्ति का माध्यम नहीं, बल्कि एक साधना है। उन्होंने यह भी बताया कि केंद्र कलाकारों को मंच प्रदान कर उनकी प्रतिभा को निखारने का कार्य कर रहा है। कार्यक्रम में उपस्थित कलाकारों और कला प्रेमियों ने भी प्रस्तुति के बाद शोधार्थियों से संवाद किया।इस अवसर पर वरिष्ठ फोटोग्राफर राकेश सिन्हा, वरिष्ठ कलाकार संदीप भाटिया और क्षेत्रीय सचिव डॉ. देवेंद्र त्रिपाठी उपस्थित रहे। अतिथियों ने दोनों शोधार्थियों को सम्मानित कर उनका उत्साहवर्धन किया।
इलाहाबाद हाई कोर्ट ने डकैती से जुड़े मामले में चार अभियुक्तों की उम्रकैद की सजा रद कर दी है। कहा है कि किसी ठोस साक्ष्य के बिना केवल दुश्मनी के आधार पर दोषी नहीं ठहराया जा सकता। न्यायमूर्ति जेजे मुनीर तथा न्यायमूर्ति विनय कुमार द्विवेदी की खंडपीठ ने अपीलार्थी अमर सिंह, प्रकाश उर्फ ओम प्रकाश, बहोरी उर्फ बीरी सिंह को बरी कर दिया है। कोर्ट ने कहा, अभियोजन की जिम्मेदारी थी कि वह बिजली विभाग के कर्मचारी को गवाह के रूप में पेश करता जो यह सत्यापित करता कि गांव सकरवा को किस फीडर से बिजली मिलती थी। ऐसा होता तो वह बता सकता था कि घटना के समय गांव में बिजली थी या नहीं। कोर्ट ने इसे महत्वपूर्ण कमी माना। कहा अपराध के मामले में अभियोजन को अपना मामला संदेह से परे साबित करना होता है। अभियोजन की इस कमी से मामला कमजोर होता है। कोर्ट ने कहा डकैत रात में वारदात करते हैं ताकि पहचान न हो अभियोजन गवाहों ने कहा है कि सभी अभियुक्तों ने अपने चेहरे को ढंके बिना बिजली की रोशनी में डकैती की, जो मानव प्रकृति के विरुद्ध है। कोर्ट ने कहा, यह जगजाहिर तथ्य है कि डकैत आमतौर पर रात के अंधेरे में अपराध करते हैं और चेहरे को ढंकते हैं ताकि उनकी पहचान न हो सके। लेकिनग इस मामले में, अभियुक्तों ने पोहप सिंह के घर में डकैती की, जो वादी मुकदमा टीका राम का भाई है वह भी रात में बिजली की रोशनी में चेहरे को ढंके बिना। पोहप सिंह को भी गवाह के रूप में पेश नहीं कियाजाना अभियोजन के खिलाफ गया। मथुरा के प्रथम अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश ने अभियुक्तों अमर सिंह, प्रकाश उर्फ ओम प्रकाश, हरदयाल, बहोरी और बीरी सिंह को आईपीसी की धारा 396 के तहत 22 दिसंबर 1987 को दोषी ठहराते हुए सजा सुनाई थी। डकैती की यह घटना 10/11 नवंबर 1985 की रात को लगभग दो बजे हुई थी। अंधाधुंध गोलीबारी में सुफहा जाटव के पुत्र सुमेरा की मौत हो गई थी जबकि कुछ लोग घायल हुए थे।
पत्नी के घर न आने पर क्लर्क ने फांसी लगाई:झगड़े के बाद मायके चली गई थी, बात करने के लिए की थी कॉल
लखनऊ के इंदिरानगर इलाके में पत्नी के तीन माह से घर न लौटने से परेशान शिक्षा विभाग के बाबू ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। परिजनों के न आने के कारण मंगलवार को शव का पोस्टमार्टम कराया गया। मानस ग्रीन सिटी निवासी सुमित कुमार (45) शिक्षा विभाग में बाबू थे और वर्तमान में औरैया में तैनात थे। परिवार में पत्नी आरती और एक बेटी है। मृतक की पत्नी बाराबंकी में शिक्षिका है। परिजनों के मुताबिक पति-पत्नी के बीच अक्सर विवाद होता रहता था। करीब तीन माह पहले आरती बेटी को लेकर मायके चली गई थी और तभी से वहीं रह रही थी। बताया गया कि सुमित ने कई बार पत्नी को फोन कर बात करने की कोशिश की, लेकिन उसने फोन नहीं उठाया। इससे वह काफी तनाव में था। बीते रविवार को सुमित पत्नी से मिलने ससुराल भी गया था, लेकिन आरती ने साथ आने से इनकार कर दिया। इसके बाद वह वापस घर लौट आया। रविवार देर रात सुमित अपने कमरे में चला गया। देर रात जब परिजन खाना लेकर पहुंचे तो देखा कि वह कमरे में पंखे से कपड़े के सहारे लटका हुआ था। परिजन उसे फंदे से उतारकर पास के अस्पताल ले गए, जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। अस्पताल प्रशासन की सूचना पर इंदिरानगर पुलिस मौके पर पहुंची और परिजनों से पूछताछ कर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। परिवार के कुछ सदस्यों के देर से आने के कारण पोस्टमार्टम मंगलवार को हो सका। परिजनों ने आरोप लगाया है कि पत्नी और उसके मायके वाले सुमित की संपत्ति हड़पना चाहते थे। वहीं पुलिस का कहना है कि अभी तक कोई तहरीर नहीं मिली है। तहरीर मिलने पर मामले की जांच की जाएगी।
गोरखपुर के राजघाट थाना क्षेत्र में एक तीन मंजिला मकान में आग लगने से अफरा-तफरी मच गई। छोटी सी चिंगारी देखते ही देखते भयंकर आग में बदल गई। सूचना मिलने पर फायर ब्रिगेड की 3 गाड़ियां मौके पर पहुंची। इस दौरान परिवार के 3 लोग तीसरे मंजिल पर फंसे हुए थे। जिनको रेस्क्यू कर सुरक्षित नीचे उतारा गया। वहीं लगभग डेढ़ घंटों की कड़ी मशक्कत के बाद टीम ने आग पर काबू पाया। घटना में जानमाल को कोई नुकसान नहीं पहुंचा है। जबकि घर के कुछ सामान जलकर राख हो गए। घटना मंगलवार की बताई जा रही है। विस्तार से जानिए पूरा मामला गोरखपुर के राजघाट थाना क्षेत्र अंतर्गत बसंतपुर चौकी के मछली गली में मंगलवार को अचानक आग लगने से अफरा-तफरी मच गई। आग की यह घटना इंद्र वर्णवाल के मकान की तीसरी मंजिल पर हुई। परिवार वालों के अनुसार किचन के अंदर खाना बनाते समय अचानक सिलेंडर के पास गैस लीक हुआ। जिससे थोड़ी-सी लौह बढ़ गई। डर कर तत्काल गैस बंद कर दिया गया। धुंए से भरा घर कुछ देर बाद चेक करने पर गैस लीक करना बंद हो गया था। परिजनों ने दो- तीन बार चेक किया। सब कुछ ठीक होने के बाद फिर से खाना बनाना शुरू किया गया। फिर अचानक से एक ब्लास्ट हुआ और किचन में आग लग गई। देखते ही देखते पूरा घर धुंए से भर गया। उस दौरान परिवार के तीन लोग इंद्र वर्णवाल, वैभव वर्णवाल और एक महिला कंचन वर्णवाल उसी फ्लोर पर थे। की लंबी- लंबी लपटे देखकर अंदर फंसे लोग चिल्लाने लगे। वे बचने के लिए भागने की कोशिश की लेकिन धुंए की वजह से कुछ भी देख पाना मुश्किल था। वे लोग चिल्लाने लगे। आवाज सुन कर आसपास के लोग जुटे। चिल्लाने की आवाज सुनकर बाहर निकलें पड़ोसी पहले खुद आग पर काबू पाने की कोशिश की। देखते ही देखते आग बढ़ता गया। फिर उन्होंने तुरंत गोलघर के फायर स्टेशन पर कॉल करके सूचना दी। जानकारी मिलते ही फायर ब्रिगेड की तीन गाड़ियां तत्काल मौके पर पहुंची। टीम ने सबसे पहले घर के अंदर फंसे हुए लोगों का रेस्क्यू किया। अंदर फंसने की वजह से उनकी हालत बहुत खराब थी। अगर टीम समय पर नहीं पहुंचती तो कुछ भी हो सकता था। हालांकि अब वे बिल्कुल ठीक हैं। सीढ़ी की मदद से नीचे उतारा गया फायर स्टेशन के इंचार्ज शांतनु यादव ने बताया- आग बहुत भयावह थी। लगभग डेढ़ घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद उस पर काबू पाया गया। इस दौरान कुछ लोग भी अंदर फंसे हुए थे, जिन्हें सुरक्षित बाहर निकलना भी हमारा सबसे पहला काम था। उन्हें सीढ़ी की मदद से एक एक करके नीचे उतारा गया। बसंतपुर थाना प्रभारी और अन्य फोर्स की तत्परता से आग पर पूरी तरह काबू पाया गया। किसी व्यक्ति को हानि नहीं हुई। न ही आग दूसरे घरों में फैलने दिया गया। हालांकि घर के कुछ सामान जल कर राख हो गए।
बेवजह परेशान को दाखिल जनहित याचिका खारिज:घरों को बताया था अतिक्रमण, बेदखल करने की थी मांग
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने थाना दन्नाहार,जिला मैनपुरी की गांव सभा जिंदपुर स्थित मिनजुमला (कई लोगों की साझी जमीन)प्लाट संख्या 2666 एरिया 20.145 हेक्टेयर से अतिक्रमण हटाने व अवैध निर्माण रोकने की मांग में दाखिल जनहित याचिका खारिज कर दी है। कोर्ट ने कहा साझी जमीन में 18 खातेदार है। राजस्व संहिता की धारा 30 जमीन के बंटवारे का उपबंध करती है।ऐसा न कर अन्य खातेदारो की बेदखली के लिए जनहित याचिका दायर करना कानूनी प्रक्रिया का दुरुपयोग है।याची के पिता के खिलाफ भी इसी जमीन को लेकर धारा 67मे कार्यवाही चल रही है और दूसरों के खिलाफ जनहित याचिका दायर की है। जिसकी सुनवाई नहीं की जा सकती। कोर्ट ने विपक्षी अजय कुमार उर्फ मिंटू के घर को कुर्क करने के अंतरिम आदेश को विखंडित करते हुए घर वापस करने का निर्देश दिया है। यह आदेश न्यायमूर्ति चंद्र कुमार राय ने शिवम चौहान की जनहित याचिका पर दिया है। याचिका का अधिवक्ता ने विरोध किया और कहा कि याचिका केवल प्राइवेट विपक्षियों को अनावश्यक परेशान करने के लिए दाखिल की गई है।जबकि उनका निर्माण अपने नाम दर्ज जमीन के हिस्से पर है।जिसे अनधिकृत बताया गया था। राज्य सरकार ने भी हलफनामा दाखिल कर कहा कि प्लाट संख्या 2666एम संयुक्त जमीन है।जिसके 18खाते है।याची के पिता के खिलाफ केस दर्ज है। विपक्षी छः अजय कुमार का नाम राजस्व अभिलेख में दर्ज है।वह कब्जे में है।शेष विपक्षी गण 7,10,11,12 का आबादी की जमीन पर घर है।जिसको कुर्क नहीं किया जा सकता। जनहित याचिका कानूनी प्रक्रिया का दुरुपयोग है। मालूम हो कि जनहित याचिका दायर कर विपक्षियों को विवादित प्लाट से बेदखल करने की मांग की गई।कहा यह जमीन पूर्वी पाकिस्तान से भागकर आये लोगों के लिए सुरक्षित है।जिसपर विपक्षियों ने अतिक्रमण कर लिया है और निर्माण कर रहे हैं। कोर्ट ने यथास्थिति कायम रखने और निर्माण कुर्क करने का आदेश देते हुए सरकार से जानकारी मांगी। बताया कि जमीन का हिस्सा अजय कुमार की मां के नाम था,उनकी मौत के बाद अजय कुमार के नाम आया है।पूर्व निर्मित ढांचे पर अपना मकान बनाया है। विवादित प्लाट में 18खातेदार है। कोर्ट ने निषेधाज्ञा के विपरीत निर्माण होने देने पर नाराजगी जताई, जिलाधिकारी मैनपुरी को कारण बताओ नोटिस दी कि अवमानना कार्यवाही क्यों न की जाय। इसके बाद सरकार की तरफ से विस्तृत जवाबी हलफनामा दायर किया गया और स्थिति का खुलासा किया गया। आपत्ति की गई कि जनहित याचिका व्यक्तिगत हित में है पोषणीय नहीं है। मकान रिहायशी जमीन पर है कुर्क नहीं किया जाना चाहिए।जिसपर कोर्ट ने याचिका खारिज कर दी।
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने रिटायर प्रधानाचार्य से लगभग 11 लाख रुपये की वसूली के आदेशों को निरस्त करते हुए कहा कि सेवानिवृत्ति के बाद पेंशन से कटौती केवल सिविल सर्विस रेगुलेशन के अनुच्छेद 351-ए के तहत विधिसम्मत अनुमति और विधिवत विभागीय कार्यवाही के बाद ही की जा सकती है। यह आदेश न्यायमूर्ति सौरभ श्याम शमशेरी ने सुरेंद्र दत्त कौशिक की याचिका पर दिया है। सर्वोदय मंदिर इंटर कॉलेज बागपत से सेवानिवृत्त प्रधानाचार्य (याची) पर मिड-डे मील/पीएम पोषण योजना के तहत लगभग 11,14,160 रुपये के गबन का आरोप लगाया गया था।याची ने इसे हाईकोर्ट में याचिका दाखिल कर चुनौती दी थी। कोर्ट 15 दिसंबर 2023 के निर्णय से बीएसए बागपत के 20 मई 2023 के आदेश और ब्लॉक विकास अधिकारी बड़ौत के 24 मई 2023 के आदेश को रद्द कर दिया था। साथ ही निर्देश दिया था कि याची को विधि अनुसार सेवानिवृत्ति लाभ दिए जाएं। कोर्ट ने यह भी कहा था कि कानूनन संभव हो तो वसूली की जा सकती है। पहले निर्णय के बाद बीएसए ने शासन को पत्र भेजकर अनुच्छेद 351 ए के तहत अनुमति मांगी। बाद में सात नवंबर 2025 को शासन की ओर से विशेष सचिव ने पत्र जारी कर कहा कि उक्त राशि की वसूली अनुच्छेद 351-ए के तहत की जाए। इसके आधार पर याची से वसूली का आदेश जारी कर दिया गया। इन तीनों आदेशों को याची ने इस याचिका में चुनौती दी। कोर्ट ने कहा कि पहली जांच केवल फैक्ट-फाइंडिंग थी पूर्व निर्णय में स्पष्ट कहा जा चुका था कि जो जांच की गई थी वह विभागीय अनुशासनात्मक कार्यवाही नहीं थी बल्कि मात्र तथ्य-संग्रह थी। कोर्ट ने कहा कि अनुच्छेद 351 ए के तहत सेवानिवृत्ति के बाद विभागीय कार्यवाही शुरू करने के लिए राज्यपाल की विधिवत स्वीकृति अनिवार्य है। कोर्ट ने पाया कि सात नवम्बर 2025 का पत्र राज्यपाल की विधिवत स्वीकृति प्रदर्शित नहीं करता। इसे अनुमति मान भी लिया जाए, तब भी आरोपपत्र जारी कर पूर्ण अनुशासनात्मक कार्यवाही करना आवश्यक था। नई विभागीय जांच के बगैर केवल पूर्व फैक्ट-फाइंडिंग रिपोर्ट के आधार पर वसूली का आदेश देना विधि विरुद्ध है हालांकि कोर्ट ने यह भी स्पष्ट किया कि आरोप गंभीर हैं, इसलिए संबंधित अधिकारी कानून के अनुसार, राज्यपाल की वैध अनुमति लेकर और विधिवत विभागीय कार्यवाही प्रारंभ कर आगे कार्रवाई कर सकते हैं।
भरवारा में सुभासपा विधायक बेदी राम के जमीन की पैमाइश का मामला अभी शांत भी नहीं हुआ था। नगर निगम जोन चार से विधायक को हाउस टैक्स असेसमेंट के लिए नोटिस थमा दिया गया है। भरवारा के भेसवारा इलाके में विधायक का मैरिज लॉन है, जिसका हाउस टैक्स असेसमेंट के लिए जोन कार्यालय ने विधायक से जमीन का ब्योरा मांगा है। यह नोटिस नगर निगम अधिनियम 222 के तहत विधायक के मैरिज लॉन को दिया गया है। हालांकि मैरिज लॉन पर विधायक के कर्मचारियों ने नोटिस लेने से इनकार कर दिया तो कर्मचारियों ने गेट पर उसे चस्पा कर दिया है। 15000 हजार स्क्वायर फीट में मैरिज लॉन भरवारा मल्हौर वार्ड के भरवारा में विधायक बेदी राम 15000 स्क्वायर फीट में मैरिज लॉन है। इस मैरिज लॉन का हाउस टैक्स असेसमेंट करने के लिए नगर निगम जोन चार की टीम मौके पर गई थी। लेकिन नगर निगम के कर्मचारियों मैरिज लॉन की नपाई नहीं कर दी गई। मैरिज लॉन में एंट्री न मिलने पर जोन कार्यालय से नोटिस जारी कर विधायक बेदी राम से जमीन का ब्योरा मांगा गया है। फिलहाल नगर निगम की ओर से जवाब न मिलने पर मैरिज लॉन को सील करने की तैयारी की जा रही है। मामला विधायक से जुड़ा होने के चलते कोई भी नगर निगम का जिम्मेदार अफसर कुछ बोलने को तैयार नहीं है। 15 दिन बाद भी नगर निगम जमीन की नहीं कर पाया पैमाइश खरगापुर इलाके में सरकारी जमीन पर नाले के निर्माण को लेकर विधायक बेदी और स्थानीय पार्षद ममता रावत के बीच विवाद हो गया था। विवाद बढ़ने पर नगर निगम की ओर से एक कमिटी गठित कर पूरे इलाके में जमीन की पैमाइश का संपत्ति प्रभारी रामेश्वर प्रसाद ने निर्देश दिया था। लेकिन कमिटी गठित हुए 15 दिन हो गए। पर कमिटी में शामिल लेखपाल दो से तीन गाटा संख्या की नपाई कर पाए हैं। बाकी की जमीन पर अबतक पैमाइश का कार्य नहीं हो पाया है। सूत्रों का कहना है कि मामला सत्ता में शामिल पार्टी से जुड़े विधायक का है। जिसके चलते नगर निगम के अफसर फूंक-फूंककर कदम आगे बढ़ा रहे हैं।
ताजमहोत्सव में आयोजित ओडीओपी और वर्ल्ड डिजायनिंग फोरम के धरोहर कार्यक्रम में आगरा की महिला डिजायनरों ने खास पहचान बनाई। पुरानी बनारसी और सिल्क साड़ियों से तैयार करीब 50 परिधानों में मॉडलों ने रैम्प वॉक कर परम्परा और आधुनिकता का संगम दिखाया। ताज महोत्सव के फैशन रैम्प पर शुक्रवार को आगरा की महिला डिजायनरों का हुनर चमका। दादी-नानी और मां की धरोहर पुरानी साड़ियों को नए डिजाइन में ढालकर आकर्षक परिधान तैयार किए गए। इन परिधानों को आगरा की महिला दर्जियों ने देश के प्रसिद्ध डिजायनरों के प्रशिक्षण में बनाया। खास बात यह रही कि रैम्प वॉक के दौरान महिला दर्जी भी मॉडल्स के साथ मंच पर उतरीं। मिनिस्ट्री ऑफ टेक्सटाइल, ओडीओपी और वर्ल्ड डिजायनिंग फोरम के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित धरोहर कार्यक्रम के तहत यह फैशन शो हुआ। वर्ल्ड डिजायनिंग फोरम के अंकुश अनामी ने बताया कि वर्कशॉप के दौरान करीब 50 परिधान एआई आधारित हाई-जैक मशीन की मदद से तैयार किए गए। बनारसी साड़ियों को आधुनिक सिल्हूट में रीडिज़ाइन किया गया, जिसमें पारंपरिक बुनाई को फ्यूजन स्टाइल और समकालीन कट्स के साथ जोड़ा गया। हैंडलूम, ज़री, ज़रदोज़ी और चिकनकारी जैसे पारंपरिक शिल्पों को भी आधुनिक फैशन में शामिल किया गया। सस्टेनेबल फैशन को बढ़ावा देते हुए अपसाइक्लिंग, प्राकृतिक रंगों और इको-फ्रेंडली फैब्रिक का उपयोग किया गया।कार्यक्रम का शुभारंभ सांसद राजकुमार चाहर, जीएस धर्मेश और जिलाधिकारी अरविन्द अलिअप्पा ने दीप प्रज्ज्वलित कर किया। इससे पहले डिजाइनरों और आर्टिज़न्स के लिए प्रशिक्षण सत्र आयोजित किए गए, जिनमें डिजाइन डेवलपमेंट और बाजार के अनुरूप पारंपरिक शिल्प को ढालने पर जोर दिया गया। इस अवसर पर ओडीओपी ज्वाइंट कमिश्नर अनुज कुमार, डिप्टी कमिश्नर शैलेन्द्र सहित अन्य अधिकारी और डिजायनर मौजूद रहे।
एक ही गांव में 5 घंटे में दो सुसाइड:राजगढ़ के राजपुरा में युवक ने खाया जहर, युवती ने लगाई फांसी
राजगढ़ जिले के खिलचीपुर थाना क्षेत्र स्थित राजपुरा गांव में मंगलवार की सुबह दो दुखद घटनाओं से मातम छा गया। यहां महज पांच घंटे के अंतराल में एक युवक और एक युवती ने आत्महत्या कर ली। 25 वर्षीय युवक भगवान तंवर ने जहां सल्फास खाकर अपनी जीवन लीला समाप्त कर ली, वहीं 18 वर्षीय एक युवती ने बगीचे में फांसी लगा ली। फिलहाल पुलिस ने दोनों मामलों में मर्ग कायम कर जांच शुरू कर दी है और एक ही गांव में हुई दो जवान मौतों से ग्रामीण स्तब्ध हैं। पुलिस के अनुसार, राजपुरा निवासी 25 वर्षीय भगवान तंवर ने सोमवार तड़के करीब 4 बजे अपने घर पर सल्फास का सेवन कर लिया था। तबीयत बिगड़ने और उल्टियां होने पर परिजन उसे तत्काल खिलचीपुर अस्पताल लेकर पहुंचे। यहां डॉक्टरों ने उसका उपचार शुरू किया, लेकिन उसे बचाया नहीं जा सका। पुलिस ने मंगलवार सुबह शव का पोस्टमार्टम कराकर परिजनों को सौंप दिया है। पारिवारिक विवाद और दो शादियों का मामलाप्रारंभिक जांच में सामने आया है कि मृतक भगवान तंवर की दो पत्नियां हैं। पहली पत्नी ममता बाई पिछले करीब 7 वर्षों से अपने मायके में रह रही है। वहीं, दूसरी पत्नी पीरी बाई वर्तमान में गर्भवती बताई जा रही है। खास बात यह है कि दूसरी पत्नी ने भगवान तंवर के खिलाफ खिलचीपुर थाने में धारा 498 (दहेज प्रताड़ना) के तहत मामला दर्ज करा रखा है। पुलिस अब इस पारिवारिक विवाद और तनाव को आत्महत्या की मुख्य वजह मानकर जांच कर रही है। बगीचे में मिला युवती का शवयुवक की मौत की खबर के बीच ही गांव की एक 18 वर्षीय युवती द्वारा बगीचे में फांसी लगाकर सुसाइड करने की जानकारी सामने आई। एक ही गांव में महज कुछ घंटों के भीतर हुई इन दो घटनाओं ने सनसनी फैला दी है। पुलिस इस मामले में भी परिजनों के बयान दर्ज कर रही है ताकि आत्महत्या के कारणों का पता लगाया जा सके।
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने नाम की स्पेलिंग में मामूली त्रुटि के कारण महिला को परिवारिक पेंशन के लिए 45 साल तक दफ्तरों के चक्कर काटने को गंभीरता से लेते हुए कानपुर नगर निगम के अधिकारियों को फटकार लगाई और एक सप्ताह में इस मामले का निस्तारण करने का आदेश दिया है। यह आदेश न्यायमूर्ति विक्रम डी चौहान ने मंजू राय की याचिका दिया है। याची के पिता नगर निगम में कर्मचारी थे। वह वर्ष 1975 में सेवानिवृत्त हुए और 1980 में उनका निधन हो गया। सेवाकाल और सेवानिवृत्ति के बाद उन्हें नियमित पेंशन मिलती रही लेकिन उनकी मृत्यु के बाद जब परिवार ने पारिवारिक पेंशन के लिए प्रार्थना पत्र दिया तो विभाग ने फाइलों में अड़ंगा लगा दिया। विवाद का कारण नाम की स्पेलिंग में त्रुटि थी। विभागीय सर्विस रिकॉर्ड में याची के पिता का नाम शिखर नाथ शुक्ल दर्ज था जबकि प्रार्थना पत्र और कुछ दस्तावेजों में शेखर नाथ शुक्ल लिखा गया था। इस कारण अंग्रेजी में लिखे नाम से आई और ई का अंतर आ गया। इसे आधार बनाकर विभाग ने पारिवारिक पेंशन देने से इनकार कर दिया। मामला 45 साल तक लटका रहा। याचिका में कहा गया कि याची के पिता के नाम की स्पेलिंग में एक अक्षर का अंतर है। इसके लिए शपथपत्र भी दिया है। कोर्ट ने कहा कि याची ने पहचान साबित करने के लिए हलफनामा, सक्सेशन सर्टिफिकेट और अन्य पुख्ता दस्तावेज पेश किए, जिनसे यह प्रमाणित हुआ कि दोनों नाम एक ही व्यक्ति के हैं। इस पर कोर्ट ने एक सप्ताह के भीतर मामले का निस्तारण करने का आदेश दिया। साथ ही कहा कि आदेश का पालन न किया गया तो 26 फरवरी को अगली सुनवाई पर नगर आयुक्त को हाजिर होकर स्पष्टीकरण देना होगा।
गुना में 14 वर्षीय बेटे अभ्युदय की हत्या के आरोपों का सामना कर रही अलका जैन पर दर्ज एफआईआर मध्य प्रदेश हाईकोर्ट ने खारिज कर दी है। हाईकोर्ट की ग्वालियर बेंच ने गुना सीजेएम कोर्ट द्वारा मां पर हत्या और सबूत छुपाने के मामले में लिए गए संज्ञान को भी रद्द कर दिया है। हाईकोर्ट ने स्पष्ट किया है कि बिना ठोस सबूत के आपराधिक कार्यवाही जारी रखना न्याय का उल्लंघन है। इस आदेश के बाद अलका जैन अपने बेटे की हत्या के आरोपों से पूरी तरह से मुक्त हो गई हैं। 14 वर्षीय अभ्युदय जैन का शव 14 फरवरी 2025 को घर के बाथरूम में मिला था। पुलिस ने पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट और परिस्थितिजन्य साक्ष्यों के आधार पर उसकी मां अलका जैन को हत्या का आरोपी माना था। 22 फरवरी को इस मामले में कोतवाली थाने में FIR दर्ज की गई थी। 8 मार्च को पुलिस ने अलका जैन को गिरफ्तार किया था। 17 जून को उन्हें जमानत मिली थी। पुलिस की जांच से संतुष्ट नहीं थे अभ्युदय के पिताअभ्युदय के पिता अनुपम जैन पुलिस की शुरुआती पड़ताल से संतुष्ट नहीं थे, जिसके बाद आईजी के निर्देश पर शिवपुरी डीएसपी अवनीत शर्मा के नेतृत्व में एक एसआईटी बनाई गई थी। एसआईटी ने भोपाल के गांधी मेडिकल कॉलेज के डॉक्टरों से मेडिको लीगल राय मांगी, जिसमें यह सामने आया कि अभ्युदय की मौत फांसी पर लटकने से हुई थी। इसी आधार पर एसआईटी ने मां अलका को बेकसूर मानते हुए 5 मई को कोर्ट में अपनी खारिजी (क्लोजर) रिपोर्ट पेश की थी। सीजेएम कोर्ट ने रिपोर्ट खारिज कर खुद लिया था संज्ञान9 मई 2025 को गुना की सीजेएम मधुलिका मुले ने एसआईटी की खारिजी रिपोर्ट को निरस्त कर दिया था। कोर्ट ने खुद ही मामले में हत्या और साक्ष्य छुपाने की धाराओं में संज्ञान लेते हुए अलका जैन के खिलाफ आपराधिक मुकदमा चलाने का आदेश दिया था। इसी आदेश के खिलाफ अलका जैन ने हाईकोर्ट में याचिका लगाई थी, जिस पर 9 फरवरी को सुनवाई के बाद कोर्ट ने अपना फैसला सुरक्षित रख लिया था। हाईकोर्ट ने कहा- अनुमानों पर आधारित था फैसलाहाईकोर्ट की ग्वालियर बेंच ने मंगलवार को कहा- तथ्यों के आलोक में यह स्पष्ट है कि निचली अदालत के निष्कर्ष अनुमानों और अटकलों पर आधारित हैं, न कि कानूनी रूप से मान्य और निर्णायक साक्ष्यों पर। उपरोक्त तथ्यों और स्थापित कानूनी सिद्धांतों के मद्देनजर, न्यायालय का यह मत है कि किसी भी ठोस सबूत के अभाव में और एसआईटी रिपोर्ट और अंतिम रिपोर्ट में याचिकाकर्ता को दोषमुक्त किए जाने के बावजूद, उसके विरुद्ध आपराधिक कार्यवाही जारी रखना विधि का दुरुपयोग होगा और न्याय का उल्लंघन होगा। कोतवाली में दर्ज अपराध से जुड़ी सभी कार्रवाई रद्दकोर्ट ने अपने आदेश में आगे कहा- तदनुसार, याचिका स्वीकार किए जाने योग्य है और इसे स्वीकार किया जाता है। भारतीय न्याय संहिता 2023 की धारा 103 और 238 के तहत याचिकाकर्ता के विरुद्ध संज्ञान लेने वाला दिनांक 09 मई 2025 का मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट, गुना का आदेश रद्द किया जाता है। फलस्वरूप, याचिकाकर्ता के विरुद्ध पुलिस स्टेशन कोतवाली गुना में दर्ज अपराध संख्या 115/2025 से संबंधित सभी आगे की कार्यवाही रद्द की जाती हैं। मामले से जुड़ी ये खबरें भी पढ़ें… जेल से बाहर आई बेटे की हत्या की आरोपी अलका गुना में अपने ही बेटे अभ्युदय के मर्डर की आरोपी अलका जैन जेल से बाहर आ गई है। सोमवार को हाईकोर्ट की ग्वालियर बेंच में जमानत भरने के बाद मंगलवार को उसकी रिहाई हुई। जेल में 100 दिन बिता चुकी अलका बाहर आते ही परिवार के सामने फूट-फूटकर रोई। अलका जैन ने जेल से निकलते समय महिला प्रहरी को धन्यवाद दिया। पढ़ें पूरी खबर… बेटा कपड़ों के लिए टोकता था, मां ने मार डाला गुना में 15 साल के बच्चे की मौत की गुत्थी सुलझ गई है। मां ने ही उसकी गला घोंटकर हत्या की थी। फिर इसे सुसाइड बताने की साजिश रची। बेटा उसे बिंदी और कपड़े के लिए टोकता रहता था। पुलिस ने जांच के दौरान मौके पर मिले सबूत के आधार पर मां को आरोपी बनाया। उसे शनिवार को गिरफ्तार कर लिया है। पढे़ं पूरी खबर…
आजमगढ़ में विवाहिता की हत्या की जाने के मामले में सुनवाई पूरी करने के बाद मुख्य न्यायाधीश मजिस्ट्रेट सत्यवीर सिंह ने आरोपी पति समेत 6 लोगों के विरुद्ध मुकदमा दर्ज कर जांच करने का आदेश दिया है। इस मामले में मृतका की मां शीला यादव निवासिनी तियरी संग्राम थाना गंभीरपुर ने अपने अधिवक्ता प्रेम प्रकाश सिंह के माध्यम से न्यायालय में प्रार्थना पत्र दिया था। जिसके अनुसार शीला यादव की गांव के पट्टीदार देव नारायण से रंजिश थी। इसी रंजिश के कारण देवनारायण के बेटे त्रिलोकी यादव शीला की पुत्री प्रतीक्षा यादव को एक नवम्बर 2025 को बहला फुसलाकर कर भगा ले गया और उसके साथ विवाह कर लिया। विवाह के बाद प्रतीक्षा यादव को ससुराल में मारा पीटा जाने लगा। जब शीला ने आपत्ति की तब त्रिलोकी ने कहा कि हमने बदला लेने के लिए यह विवाह किया है। अंततः ससुराल में 8 जनवरी 2026 को प्रतीक्षा यादव की हत्या कर दी गई और मायके वालों को खबर दिए बगैर ही अंतिम संस्कार भी कर दिया। मुकदमा दर्ज का जांच करे पुलिसइस मामले के तथ्यों परिस्थितियों को देखने के बाद सीजेएम कोर्ट ने मृतक के पति त्रिलोकी यादव तारा देवी ससुर देवनारायण कथा त्रिलोकी के भाई आलोक,लालू प्रसाद व अखिलेश के विरुद्ध थाना प्रभारी गंभीरपुर को मुकदमा दर्ज कर जांच करने का आदेश के साथ पूरे मामले की जांच का भी निर्देश दिया है।
पति के बाद मंगलवार को एडवोकेट बेटे को भी सबा फरहत से नहीं मिलने दिया गया। जेल प्रशासन ने विदेशी नागरिक बताते हुए बेटे से वकालतनामा जमा कराने के लिए कहा है। एडवोकेट बेटे ने इसे नियम विरूद्ध बताते हुए तानाशाही करार दिया है। उधर, सबा फरहत की जमानत पर 27 फरवरी को सुनवाई होगी। जिला जज की तरफ से सुनवाई के लिए यह केस एडीजे-13 की कोर्ट में ट्रांसफर किया गया है। पहले जानिए कौन है सबा फरहत सबा फरहत मूलरूप से पाकिस्तान के लाहौर की रहने वाली हैं। मेरठ निवासी फरहत मसूद ने पाकिस्तान में जाकर सबा से निकाह किया था और फिर लॉन्ग टर्म वीजा पर वह भारत आ गई। सबा का यह वीजा मार्च, 2027 तक वैध है। पिछले करीब 35 वर्ष से सबा अपने परिवार के साथ मेरठ के देहलीगेट इलाके में रहती चली आ रही है। फर्जी वोटर आईडी कार्ड बनवाने का आरोपकरीब दो माह पहले सबा फरहत के खिलाफ पुलिस अधिकारियों से शिकायत हुई। कहा गया कि सबा गैरकानूनी तरीके से मेरठ में रह रही है। उसने कूटरचित दस्तावेजों की मदद से अपने दो दो वोटर आईडी कार्ड बनवाए हैं। पुलिस ने आरोपों की जांच की और सबा को गिरफ्तार कर लिया। उसी दिन मुकदमा भी दर्ज कर लिया गया। जेल में जाने के बाद बरती जा रही सख्ती सबा फरहत जेल में है। पाकिस्तानी नागरिक होने के कारण वहां सख्ती बढ़ा दी गई है। बताया जाता है कि सबा के मामले को लखनऊ से डील किया जा रहा है। ऐसे में जेल में सबा से किसी को मिलने भी नहीं दिया जा रहा है। सोमवार को सबा के पति फरहत मसूद और मंगलवार को बेटा फराज सबा से मिलाई करने पहुंचे लेकिन दोनों को ही सुरक्षा का हवाला देकर वापस भेज दिया गया। यह बोले सबा के अधिवक्ता वीके शर्मा फराज एडवोकेट अपनी मां सबा फरहत का केस देख रहे हैं। इसी सिलसिले में वह जेल मिलाई करने पहुंचे थे लेकिन वकालतनामा मांगा गया जोकि जेल मेन्युअल के विरूद्ध है। एडवोकेट अपने मुवक्किल से मिल सकते हैं। उन्होंने कहा कि सबा पर देश विरोधी कोई धारा नहीं लगी है। इसके बावजूद उनसे किसी को मिलने नहीं दिया जा रहा है। 27 को एडीजे-13 करेंगे सुनवाई सबा की जमानत याचिका पर मंगलवार को एडीजे-13 कोर्ट में याचिका डाली गई लेकिन इसके लिए कोर्ट ने 27 फरवरी की तिथि निर्धारित कर दी। एक याचिका अग्रिम जमानत के लिए भी डाली गई थी लेकिन कोर्ट ने उसके लिए 10 मार्च की तिथि निर्धारित की है। दोनों पक्षों को सुनने के बाद कोर्ट जमानत पर निर्णय लेगी। अब जानते हैं क्या बोले अधीक्षक चौधरी चरण सिंह जिला कारागार के वरिष्ठ जेल अधीक्षक डा. वीरेश राज शर्मा का कहना है कि विदेशी नागरिक से जेल में मुलाकात कराए जाने के कुछ नियम हैं, जिनको फॉलो किया जा रहा है। परिवार से मिलाई के लिए आने वालों के 10 नाम मांगे थे लेकिन आठ ही दिए गए। उन सभी की गोपनीय जांच चल रही है। रिपोर्ट आने के बाद प्रक्रिया शुरु करा दी जाएगी।
बिना भुगतान के बैनामा कराया; नामांतरण भी हुआ:6 चेक बाउंस हो चुके हैं; पीड़ित की शिकायत पर जांच शुरू
गोरखपुर में बिना पैसा दिए बैनामा कराने का मामला सामने आया है। पीड़ित की ओर से इसकी शिकायत भी की गई है। जिसने बैनामा कराया, उसने 6 चेकों के माध्यम से 30 लाख रुपये दिए थे लेकिन सभी चेक जब बैंक पहुंचे तो बाउंस हो गए। इस तरह डीड का पालन न करने पर पीड़ित ने बैनामा शून्य करने के लिए वाद दाखिल किया। इसका नामांतरण यानी दाखिल-खारिज न होने पाए, इसक लिए नायब तहसीलदार के यहां आपत्ति भी दाखिल की लेकिन आम धारणा से विपरीत जाते हुए नायब तहसीलदर ने नामांतरण कर दिया। अब इस मामले की शिकायत शासन में की गई है। शासन ने डीएम को जांच कराने का आदेश दिया है। पैसा लेकर जमीन बेचने की बात तय होती है और उसी के आधार पर रजिस्ट्री होती है। यही डील रेनू गुप्ता के साथ भी हुई थी। रजिस्ट्री के दौरान चेक से 30 लाख रुपये भुगतान का डीड बना। बैनामा करा लिया गया लेकिन जब चेक भुनाने की बात आयी तो सभी चेक बाउंस हो गए। मामला सदर तहसील क्षेत्र के ग्राम जंगल रामगढ़ उर्फ चवरी स्थित 5600 वर्ग फीट जमीन का है। इस मामले में पीड़ित रेनू गुप्ता ने धोखाधड़ी का आरोप लगाया है। पहले जानिए क्या है मामला पीड़िता रेनू गुप्ता का आरोप है कि अरुण कुमार मिश्र नामक व्यक्ति ने 30 लाख रुपये में जमीन खरीदने का सौदा तय किया और 28 मार्च 2023 को यूनियन बैंक आफ इंडिया के छह चेक (प्रत्येक 5 लाख रुपये) देकर बैनामा करा लिया। लेकिन सभी चेक बाउंस हो गए। संबंधित खाते में धनराशि न होने के कारण सभी चेक बाउंस हो गए। आरोप है कि आरोपी लगातार भुगतान का आश्वासन देता रहा, जिससे चेक प्रस्तुत करने की वैध समयावधि भी समाप्त हो गई। इसके बाद जून 2025 में आरोपी ने भारतीय स्टेट बैंक के दो और चेक (15-15 लाख रुपये) दिए, लेकिन वे भी खाते में पर्याप्त धनराशि न होने के कारण बाउंस हो गए। जिसके बाद पीड़िता ने शिकायत की। नामांतरण करने वाले अधिकारी पर भी आरोप इस मामले में पीड़िता ने नामांतरण करने वाले अधिकारी पर भी गंभीर आरोप लगाते हुए मामले की शिकायत प्रमुख सचिव राजस्व परिषद से की है। आरोप है कि हाई कोर्ट से लेकर सुप्रीम कोर्ट तक की गाइडलाइन होने के बाद भी नायब तहसीलदार ने नामांतरण कर दिया। मामले की गंभीरता को देखते हुए संयुक्त सचिव ओम प्रकाश पाण्डेय ने 23 फरवरी 2026 को जिलाधिकारी को पत्र भेजकर प्रकरण में नियमानुसार आवश्यक कार्रवाई करते हुए विस्तृत आख्या शासन को उपलब्ध कराने को कहा है। पीड़िता रेनू गुप्ता का कहना है कि उन्हें जमीन के बदले एक रुपया भी प्राप्त नहीं हुआ है और इस संबंध में दीवानी न्यायालय में वाद विचाराधीन है। उनका दावा है कि उन्होंने बाउंस चेक की प्रतियां, बैंक स्टेटमेंट और अन्य साक्ष्य नायब तहसीलदार के पास प्रस्तुत कर यह आपत्ति दर्ज कराई थी कि बिना प्रतिफल भुगतान के नामांतरण नहीं हो सकता। उन्होंने उच्च न्यायालय और उच्चतम न्यायालय के निर्णयों का भी हवाला दिया, जिनमें स्पष्ट किया गया है कि यदि बिक्री विलेख का प्रतिफल अदा नहीं हुआ हो तो विवाद की स्थिति में नामांतरण पर विचार किया जाना चाहिए। इसके बावजूद नामांतरण आदेश पारित कर दिया गया। डीएम ने कहा जांच कराएंगेइस मामले में डीएम दीपक मीणा ने कहा कि मामला अभी उनके संज्ञान में नहीं है। यदि ऐसी शिकायत हुई है तो इसकी जांच कराएंगे। जो दोषी मिलेगा उसपर कार्रवाई होगी। नामांतरण का आदेश देने वाले अधिकारी ने बताया कि जबतक दिवानी कोर्ट से बैनामा निरस्त नहीं हो जाता, तबतक नामांतरण नहीं रोका जाता। विक्रय पत्र होने पर नामांतरण कर दिया जाता है। इस मामले में भी कोई रोक नहीं थी।
हापुड़ की महिला ने गाजियाबाद में सुसाइड किया:बाथरूम में बंद कर खुद को गोली मारी, पति से हुआ था विवाद
गाजियाबाद के कविनगर इलाके में लोहा मंडी स्थित अग्रसेन वाटिका में महिला ने गोली मारकर सुसाइड कर लिया। पुलिस की जांच पड़ताल में सामने आया है कि महिला का अपने पति और ससुराललियों से विवाद हुआ था। जिसने खुद को बाथरूम में पहुंचकर गोली मारी है। पुलिस महिला के पति से भी पूछताछ कर रही है। प्रथम दृष्टा पुलिस महिला द्वारा ही आत्महत्या की घटना होना बताया है। हापुड़ का रहने वाला है परिवार ACP कविनगर सूर्यबली मौर्य ने बताया कि हापुड़ के पिलखुवा निवासी पिंटू तोमर यहां अग्रसेन वाटिका में तीसरी मंजिल पर बने फ्लैट में अपनी पत्नी प्रीति तोमर (40) के साथ रहते हैं। प्रीति तोमर की अपने परिजनों से मंगलवार शाम को कुछ कहासुनी हो गई थी। जांच पड़ताल की गई तो यह तथ्य प्रकाश में आया कि प्रीति तोमर ने खुद गोली मारी पारिवारिक कलह से महिला द्वारा अपने बेडरूम के वाशरूम में बंद करके स्वयं को गोली मार ली गई थी, तत्काल उसे उपचार हेतु मणिपाल हॉस्पिटल ले जाया गया। अस्पताल में डॉक्टर ने महिला को मृत घोषित कर दिया। जहां पुलिस आगे की कार्रवाई कर रही है।
ट्रैक्टर-ट्रॉली से गिरकर किशोर की मौत:ट्रैक्टर अनियंत्रित होने से नीचे गिरा, चालक मौके से फरार
लखनऊ के पारा इलाके में सोमवार देर रात दर्दनाक हादसे में ट्रैक्टर-ट्रॉली से गिरकर एक किशोर मजदूर की मौत हो गई। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया है। पुलिस के मुताबिक हरदोई के निवादा भरावन निवासी अर्जुन का बेटा रोहित (16) ईंट भट्ठे पर मजदूरी करता था। सोमवार रात करीब 11 बजे वह चालक विनोद के साथ ट्रैक्टर-ट्रॉली से पारा आ रहा था। रोहित चालक के बगल वाली सीट पर बैठा था। मानक नगर ओवरब्रिज के पास ट्रैक्टर अनियंत्रित होने पर रोहित नीचे गिर गया और ट्रॉली के पहिए की चपेट में आ गया। गंभीर चोट लगने से उसकी मौके पर ही मौत हो गई। हादसा होते ही चालक विनोद ट्रैक्टर-ट्रॉली छोड़कर फरार हो गया। रोहित के कपड़ों से मिले कागजों के आधार पर पुलिस ने उसकी पहचान कर परिजनों को सूचना दी। घायल अवस्था में उसे रानी लक्ष्मी बाई अस्पताल पहुंचाया गया, जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। थाना प्रभारी सुरेश सिंह ने बताया कि अभी तक परिजनों की ओर से कोई तहरीर नहीं मिली है। तहरीर मिलने पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
प्रयागराज में अतीक अहमद के के करीबियों ने डेयरी संचालक से 5 लाख रंगदारी मांगी। विरोध पर उसे मारा-पीटा। लात घूंसों और थप्पड़ से ही नहीं बल्कि ईट से भी हमला किया। रुपये न देने पर जान से मारने की धमकी भी दी। पीड़ित की ओर से पूरामुफ्ती थाने में तहरीर दी गई है। हालांकि फिलहाल पुलिस ने तहरीर मिलने से इनकार किया है। तीन गाड़ियों से आए थे हमलावरमोहम्मद कमरुल पुरामुफ्ती के इब्राहिमपुर उमरी का रहने वाला है। वह झपिया गांव में आईटीबीपी कैंप के पास डेरी का संचालन करता है। उसने बताया कि मंगलवार शाम को रोज की तरह डेरी पर ही काम कर रहा था कि तभी उमरी और बमरौली गांव के रहने वाले तीन युवक अपने चार-पांच अज्ञात साथियों के साथ तीन कारों पर सवार होकर वहां पहुंचे। आते ही शुरू कर दी गालीगलौजआरोप है कि युवकों ने आते ही गाली-गलौज शुरू कर दी और धमकाकर उसे बुलाया। जब वह उनके पास पहुंचा तो उनमें से एक ने कहा कि पांच लाख रुपए कब दोगे। जब उसने पूछा कि किस बात के पांच लाख रुपए तो सभी मिलकर उसे पीटने लगे। लाख घूंसों और थप्पड़ के साथ उस पर ईंट से भी हमला किया। जमकर पिटाई करने के बाद हमलावर धमकी देते हुए चले गए। धमकाया कि कल से देरी में दिखे तो जान से मार देंगे। एक हिस्ट्रीशीटर, दूसरा हत्या में जा चुका है जेलपीड़ित के अनुसार, हमलावरों में से एक युवक पूरामुफ्ती थाने का हिस्ट्रीशीटर है। वह उमरी का रहने वाला है और अतीक अहमद के कुख्यात शूटर आबिद प्रधान का रिश्तेदार है। हमलावरों में शामिल एक अन्य युवक 2 साल पहले हत्या कर शव फंदे पर लटकाने के मामले में जेल भेजा गया था। आरोप है कि सभी इलाके में दबंगई करते फिरते हैं। पीड़ित का कहना है कि उसने पूरामुफ्ती थाने में मामले की लिखित शिकायत की है। हालांकि पुलिस ने कोई कार्रवाई नहीं की। उधर इस मामले में पुरामुफ्ती थानाध्यक्ष मनोज कुमार सिंह का कहना है कि उन्हें कोई तहरीर नहीं मिली है। तहरीर मिलती है तो कार्रवाई की जाएगी।
लखनऊ में रमजान के मुबारक महीने में इबादत का दौर जारी है। शहर में पांच पारा तरावीह की नमाज का पहला दौर मुकम्मल हुआ। ईद गाह ऐशबाग स्थित जामा मस्जिद, मस्जिद दरगाह शाहमीना शाह, मदीना मस्जिद तरकारी मंडी, दरगाह दादा मियां सदर समेत विभिन्न मस्जिदों में पहले दौर में 5 पारा तरावीह की नमाज शुरू पूरी हुई । 6 रमजान से दूसरे दौर की तरावीह शुरू हो गई। ‘कुरान इंसानों की भलाई के लिए’ इस्लामिक सेंटर ऑफ इंडिया के अध्यक्ष मौलाना खालिद रशीद फरंगी महली ने लोगों को पहले दौर की तरावीह मुकम्मल करने पर मुबारकबाद दिया । उन्होंने कहा कि कुरान और रमजान का आपस में गहरा सम्बन्ध हे। इसी महीने में अल्लाह ने इंसानों की भलाई और मार्गदर्शन के लिए कुरान को दुनिया में उतारा । कुरान ऐसी पवित्र और सम्मानित किताब है जो भी इसके साये में आयेगा वह महफूज (सुरक्षित) हो जायेगा । जिसने भी अपनी जिन्दगी इस के अनुसार गुजारा उसका जीवन खुशहाल रहेगा और गुनाहों से बचा रहेगा। ‘कुरआन को जीवन में लागू करें’ मौलाना खालिद रशीद फरंगी महली ने बताया कि तरावीह की नमाज में कुरान सुनना और सुनाना दोनों ही बहुत नेक काम है। वो सभी लोग बधाई के पात्र हैं जो इस नेक कार्य में शामिल हैं। कुरान जो मूल रूप से अरबी भाषा में है पूरे विश्व में लोग इस किताब को पढ़ते हैं। कुरान को समझ कर या उसके ट्रांसलेशन को पढ़ने से सवाब और अधिक बढ़ जाता है। रमजान के महीने में इस किताब को पढ़ने से सवाब अधिक मिलता है और लोगों की नेक काम में दिलचस्पी बढ़ती है। इस किताब में हर चीज के बारे में जानकारी उपलब्ध कराई गई है आवश्यकता इस बात की है लोग इसे समझकर पढ़ें और अपने जीवन में लागू करें।
श्रावस्ती में पेड़ से लटका मिला विवाहिता का शव:पिता ने हत्या की जताई आशंका, पुलिस जांच में जुटी
श्रावस्ती के भिनगा क्षेत्र के खाले ककरा के बैजूपुरवा में एक 23 वर्षीय विवाहिता का शव घर के बगल सोमवार देर रात आम के पेड़ से लटका मिला। इस घटना से गांव में हड़कंप मच गया। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। घटनास्थल पर फॉरेंसिक टीम ने भी पहुंचकर साक्ष्य एकत्र किए। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। जानकारी के अनुसार, मल्हीपुर थाना क्षेत्र के शिवगढ़ कला निवासी झल्ली ने अपनी पुत्री रोजिया खातून की शादी लगभग तीन वर्ष पूर्व मुस्लिम रीति-रिवाज से बैजू पुरवा निवासी 26 वर्षीय रिजवान के साथ की थी। शादी के बाद से रोजिया अपने ससुराल में ही रह रही थी। उसका पांच माह का एक बेटा भी है। सोमवार देर रात रोजिया अचानक घर से लापता हो गई। परिजनों ने पहले घर और आसपास के क्षेत्रों में उसकी तलाश की, लेकिन जब वह नहीं मिली तो खोजबीन तेज कर दी गई। काफी प्रयासों के बाद घर के बगल में स्थित आम के पेड़ के पास उसका शव बरामद हुआ। शव मिलने की खबर फैलते ही परिवार में मातम छा गया और ग्रामीणों की भीड़ जुट गई। सूचना पर मौके पर पहुंचे मृतका के पिता झल्ली ने बेटी की मौत को संदिग्ध बताया है। उन्होंने अनहोनी की आशंका जताते हुए पुलिस को तहरीर दी है। पिता ने निष्पक्ष जांच और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है। उनका कहना है कि जब तक सच्चाई सामने नहीं आती, तब तक परिवार को संतोष नहीं मिलेगा। पति रिजवान मुंबई में रहकर मजदूरी करता है। घटना के समय वह मुंबई में ही था। सूचना मिलते ही वह घर के लिए रवाना हो गया है। पांच माह का मासूम अपनी मां की मौत से अनजान है। बच्चे को देखकर गांव में हर किसी की आंखें नम हैं। पुलिस का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के वास्तविक कारणों का खुलासा हो सकेगा। परिजनों के बयानों के आधार पर पुलिस आत्महत्या, दुर्घटना या किसी अन्य कारण सहित सभी पहलुओं की गहनता से जांच कर रही है।
401 वर्षों से रंगभरनी एकादशी पर निरंतर आयोजित हो रही राधावल्लभ लाल जु की परम्परागत भव्य शोभायात्रा 27 फ़रवरी को निकलेगी। यह सवारी वृन्दावन धाम की सबसे प्राचीन सवारी मानी जाती है, जिसमें हर साल भारी संख्या में भक्तजन सम्मिलित होते हैं। इस सवारी में भगवान राधा कृष्ण के स्वरूप बग्गी में विराजमान होकर गुलाल उड़ाते हुए निकलते हैं। भगवान के स्वरूप खेलते हैं होली अखिल भारतवर्षीय श्री राधावल्लभीय वैष्णव महासभा के अध्यक्ष श्री हित सम्प्रदायाचार्य योगेंद्र वल्लभ गोस्वामी महाराज ने बताया कि विगत 401 वर्षों से श्रीधाम वृन्दावन में अनवरत रुप से आयोजित होती आ रही रंगीली होली की सवारी में श्री प्रिया प्रियतम अपनी निज सहचरियों के साथ नगर में होली खेलने पधारते हैं। जिसके उपरान्त मंदिर में रंगीली होली का शुभारम्भ होता है। परम्परानुसार इस बार उक्त दिव्य शोभायात्रा का आयोजन रंगभरनी एकादशी 27 फ़रवरी को अत्यंत भव्य स्वरुप में होगा, जिसकी सभी तैयारियां पूर्ण हो चुकीं हैं। बड़ा रास मंडल से शुरू होगी शोभायत्रा योगेंद्र वल्लभ गोस्वामी ने बताया कि शोभायात्रा श्रीहित राधावल्लभीय निर्मोही अखाड़ा बड़ा रासमण्डल, गोविन्द घाट से प्रारम्भ होकर श्रीराधावल्लभ मन्दिर घेरा में सम्पन्न होगी, तत्पश्चात् विशेष प्रसाद वितरण होगा। महामण्डलेश्वर श्रीमहन्त लाड़लीशरण महाराज, बाबा रसिक माधवदास महाराज एवं विष्णुमोहन नागार्च के सानिध्य में आयोजित सवारी में अनेक संत, महंत, सेवायत व आचार्यजन सम्मिलित होंगे। महासभा के सचिव आशीष विष्णु अग्रवाल (पेड़े वाले), संयोजक राकेश अग्रवाल, बालकिशन सोनी तथा प्रवीण अग्रवाल ने समस्त धर्म परायण जनता से शोभायात्रा में शामिल होकर अद्भुत आनंद प्राप्त करने का अनुरोध किया है।
वित्त मंत्री ओपी चौधरी ने विधानसभा में 1.72 लाख करोड़ रुपए का बजट प्रस्तुत किया। राजनांदगांव, जो एक प्रमुख कृषि और व्यापारिक केंद्र है, इस बजट के केंद्र में रहा। सत्तापक्ष इसे 'विकसित छत्तीसगढ़ 2047' की आधारशिला बता रहा है, वहीं विपक्ष ने इसे 'दिशाहीन और निराशाजनक' करार दिया है। भाजपा नेताओं के अनुसार, यह बजट केवल वित्तीय आवंटन नहीं है, बल्कि राज्य के भविष्य का ब्लूप्रिंट है, जो सर्वांगीण विकास और अधोसंरचना पर जोर देता है। उन्होंने इसे कृषि और ग्रामीण अर्थव्यवस्था के लिए 'संजीवनी' बताया। भाजपा किसान नेता अशोक चौधरी और जिला सहकारी बैंक अध्यक्ष सचिन सिंह बघेल ने बजट को किसानों के लिए ऐतिहासिक बताया। उनके अनुसार, इंद्रावती नदी पर बैराज और मोंगरा बैराज से पाइपलाइन विस्तार से 80,000 एकड़ भूमि सिंचित होगी। जिला सहकारी बैंकों के डिजिटलीकरण से किसानों को ऋण प्राप्ति में पारदर्शिता और सुगमता मिलेगी, साथ ही कृषि पंपों के लिए मुफ्त बिजली का प्रावधान खेती की लागत कम करेगा। महापौर मधुसूदन यादव ने राजनांदगांव शहर के लिए 50 करोड़ रुपये के विशेष प्रावधानों को रेखांकित किया। इनमें मोहारा एनीकट की ऊंचाई बढ़ाना और तीन नए ओवरहेड टैंकों का निर्माण शामिल है, जिससे पेयजल संकट का समाधान होगा। रेवाडीह, गोकुलनगर, जी.ई. रोड से लखोली और डोंगरगांव रोड का चौड़ीकरण शहर के यातायात को सुगम बनाएगा। इसके अतिरिक्त, राजनांदगांव में फिजियोथेरेपी कॉलेज की स्थापना शिक्षा के क्षेत्र में एक नया मील का पत्थर है। वरिष्ठ भाजपा नेता शिव वर्मा और रवि सिन्हा ने 'रानी दुर्गावती योजना' (बेटियों को 1.50 लाख रुपये की सहायता) और महतारी वंदन योजना को गेम-चेंजर बताया। उन्होंने कहा कि राजनांदगांव और नया रायपुर में नए इंडस्ट्रियल बेल्ट की घोषणा से स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर खुलेंगे। दूसरी ओर, कांग्रेस ने बजट के आंकड़ों को जनता को भ्रमित करने वाला बताया है। विपक्ष ने आरोप लगाया कि यह बजट जनता की उम्मीदों पर खरा नहीं उतरता और इसमें कई बुनियादी मुद्दों की अनदेखी की गई है। वरिष्ठ कांग्रेस नेता अशोक फड़नवीस ने आरोप लगाया कि बजट में शिक्षा और स्वास्थ्य जैसे महत्वपूर्ण क्षेत्रों की अनदेखी की गई है।
फर्रुखाबाद के नवाबगंज थाना क्षेत्र के नवादा सिरौली गांव में मजदूरी के रुपए मांगने पर एक युवक को लाठी-डंडों से पीट दिया। इससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया। गंभीर रूप से घायल युवक को उसके भाई लेकर लोहिया अस्पताल पहुंचे। वहां उसे मृत बता दिया। मृतक की पहचान 33 वर्षीय उदय प्रताप सिंह के रूप में हुई है। वह मजदूरी का काम करता था। उनके बड़े भाई सुखेंद्र प्रताप सिंह ने बताया कि उदय प्रताप फोन-पे का इस्तेमाल नहीं करता था, इसलिए उसने अपनी मजदूरी के पैसे परिवार के ही एक युवक के खाते में डलवा दिए थे। मंगलवार शाम को जब उदय प्रताप अपने पैसे मांगने गया, तो उन लोगों ने लाठी-डंडों से उस पर हमला कर दिया। हमले में उदय प्रताप गंभीर रूप से घायल हो गया। परिजन उसे निजी वाहन से लोहिया अस्पताल की इमरजेंसी लेकर पहुंचे, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। उदय प्रताप की पत्नी का तीन साल पहले निधन हो चुका था और उसके दो छोटे बच्चे हैं। वह अपने छह भाइयों में पांचवें नंबर पर था। बताया गया है कि छह महीने पहले दीवार गिरने से उदय प्रताप के पैर में चोट लगी थी, जिसका ऑपरेशन हुआ था। ऑपरेशन के बाद वह ठीक से चल नहीं पाता था। नवाबगंज थानाध्यक्ष राजीव कुमार ने बताया कि शुरुआती जांच में सामने आया है कि विवाद घर के सामने पड़ी मोरंग हटाने को लेकर हुआ था। मारपीट में घायल युवक की अस्पताल में मौत हो गई। पुलिस मौके पर है और मामले की जांच कर रही है। अभी तक कोई तहरीर प्राप्त नहीं हुई है।
भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (भाकपा) की छत्तीसगढ़ राज्य परिषद ने 24 फरवरी 2026 को प्रस्तुत राज्य बजट को 'जन-विरोधी' और 'पूंजीपरस्त' बताया है। भाकपा के तिलक पांडे और सचिन मंडल सदस्य ने कहा कि यह बजट किसानों, मजदूरों, आदिवासियों और युवाओं की समस्याओं की अनदेखी कर कॉर्पोरेट घरानों को लाभ पहुंचाने वाला है। पार्टी ने आरोप लगाया कि बजट में किसानों के लिए न्यूनतम समर्थन मूल्य की कोई गारंटी नहीं दी गई है, न ही सिंचाई या बीज सब्सिडी में वृद्धि की गई है। मजदूर वर्ग के लिए न्यूनतम वेतन या पेंशन में भी कोई प्रावधान नहीं है। कोंडागांव जैसे नक्सल प्रभावित जिलों में विकास योजनाओं, जैसे सड़कें, स्कूल और अस्पताल, की उपेक्षा की गई है। भाकपा के अनुसार, यह बजट पूंजीपतियों के हितों को प्राथमिकता देता है। बजट में आदिवासियों और युवाओं के साथ धोखा भाकपा ने आदिवासियों और युवाओं के साथ भी धोखे का आरोप लगाया। पार्टी ने कहा कि छत्तीसगढ़ की 32% आदिवासी आबादी के लिए वनभूमि अधिकार या स्वास्थ्य योजनाओं में कोई ठोस कदम नहीं उठाए गए हैं। कोंडागांव जैसे आदिवासी बहुल जिलों को 'नक्सल बहाना' बनाकर वंचित रखा गया है। युवाओं को रोजगार के नाम पर खोखले वादे दिए गए हैं, जबकि सरकारी नौकरियों या कौशल प्रशिक्षण का कोई प्रावधान नहीं है। बजट में 20% से अधिक की बेरोजगारी दर पर भी चुप्पी साधी गई है। बजट में बड़े उद्योगों को इंफ्रास्ट्रक्चर पैकेज दिए जाने पर भी भाकपा ने आपत्ति जताई। पार्टी ने कहा कि एक ओर जहां बड़े उद्योगों को लाभ दिया जा रहा है, वहीं स्वास्थ्य और शिक्षा जैसे महत्वपूर्ण क्षेत्रों में कटौती की गई है। महंगाई, बेरोजगारी और राजकोषीय घाटे को नजरअंदाज कर 'विकास' का दावा किया गया है। विपक्षी कांग्रेस ने भी इस बजट को 'फीका और निराशाजनक' बताया है। भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी ने इस 'जन-विरोधी' बजट का पुरजोर विरोध करने की घोषणा की है। पार्टी ने किसानों, मजदूरों, आदिवासियों और युवाओं से एकजुट होकर इस बजट के खिलाफ संघर्ष करने का आह्वान किया है।
1.5 लाख से अधिक के मिलावटी खाद्य पदार्थ नष्ट:होली को देखते हुए तेज हुई जांच; विभाग चला रहा अभियान
होली को देखते हुए खाद्य सुरक्षा विभाग ने मिलावटखोरी के विरुद्ध अभियान तेज कर दिया है। डीएम के निर्देश पर जिले के अलग-अलग स्थानों पर विशेष टीमें छापेमारी कर रही हैं। अब तक 1.5 लाख रुपये से अधिक कीमत के सामान नष्ट कराए जा चुके हैं। इसके साथ ही बड़े पैमाने पर खाद्य पदार्थों को जब्त भी किया गया है। विभाग खोया, मिठाई, कचरी आदि खाद्य पदार्थों की जांच पर ज्यादा जोर दे रहा है। होली के दौरान इन्हीं का प्रयोग सर्वाधिक होता है। तीन दिनों में विभाग की ओर से डेढ़ दर्जन नमूने लिए जा चुके हैं। जिन खाद्य पदार्थों को नष्ट कराया गया है, उनमें मिलावटी खाद्य पदार्थ अधिक हैं। कुछ ऐसे खाद्य पदार्थ भी हैं, जिनमें हानिकारक रंग मिलाए गए थे। इससे स्वास्थ्य को नुकसान हो सकता है। स्वास्थ्य की दृष्टि से विभाग ने इन खाद्य पदार्थों को नष्ट करा दिया। खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम ने रिफाइंड आयल के 4 नमूनों सहित बेसन, मैदा, मिठाई आदि के नमूने हैं। शासन की ओर नामित टीम ने गोपनीय तरीके से बताए गए लोकेशन पर छापा मारा और नमूने लेकर चली गई। उन्होंने खाद्य विश्लेषक प्रयोगशाला में नमूनों को भेज दिया है, जांच में रिपोर्ट असुरक्षित या अधोमानक आएगी तो संबंधित कारोबारियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी। होली के त्योहार में तेल, मसाले सहित अन्य खाद्य पदार्थों की मांग बढ़ गई है। इसमें मिलावट खोर भी सक्रिय हो गए हैं। मिलावट की जांच में कई ऐसे सामान दिख रहे हैं, जिसका सेवन प्रथमदृष्टया ही स्वास्थ्य के लिए हानिकारक हो सकता है। यहीं कारण है कि जिले के खाद्य सुरक्षा अधिकारियों की तरह बाहर की टीम ने भी एक लाख रुपये से अधिक के खाद्य पदार्थों को नष्ट करा दिया ताकि वे सामान बाजार में बिककर लोगों के घरों में न पहुंचे। मुख्य खाद्य सुरक्षा अधिकारी हेमंत तिवारी ने बताया कि जिले से बाहर की टीम ने जिले में जांच की है। होली में खाद्य पदार्थों की जांच के लिए टीमें बनाईं गईं हैं और जांच कर रही है।
छत्तीसगढ़ विधानसभा में वित्त मंत्री ओपी चौधरी ने साय सरकार का तीसरा बजट पेश किया। इस बजट पर मिलीजुली प्रतिक्रियाएं सामने आई हैं। सत्तारूढ़ दल के विधायकों और नेताओं ने इसे विकासोन्मुखी बताया है, जबकि कांग्रेस ने इसे कागजी और जुमलेबाजी करार दिया है। कर्मचारियों ने बजट प्रस्तावों का स्वागत किया है, वहीं हवाई सुविधा जन संघर्ष समिति ने एकमुश्त आवंटन न होने पर निराशा व्यक्त की है। पूर्व वित्त मंत्री और वर्तमान नगर विधायक अमर अग्रवाल ने 1.72 लाख करोड़ के राज्य के बजट को छत्तीसगढ़ के आधुनिक विजन का बजट बताया। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में प्रस्तुत यह तीसरा बजट संकल्प थीम पर आधारित है। इसमें किसानों, युवाओं, महिलाओं, शिक्षा, स्वास्थ्य और अधोसंरचना पर विशेष ध्यान दिया गया है। पूर्व विधानसभा अध्यक्ष धरमलाल कौशिक ने कहा कि संकल्प थीम पर आधारित यह बजट दर्शाता है कि सरकार केवल नीतियां बनाने तक सीमित नहीं है, बल्कि उन्हें जमीनी स्तर पर प्रभावी ढंग से लागू करने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने बताया कि 1.72 लाख करोड़ का यह बजट पिछले साल से लगभग 10 प्रतिशत अधिक है। इसमें भाजपा सरकार ने हर वर्ग के लिए महत्वपूर्ण घोषणाएं की हैं। जनता को राहत देते हुए किसानों को ब्याज मुक्त कर्ज देने और बच्चियों को 18 साल पूरे होने पर 1.5 लाख रुपए देने का प्रावधान किया गया है। संकल्प केवल नारा, कांग्रेस आवाज उठाती रहेगी: अटल कोटा विधानसभा क्षेत्र से कांग्रेस विधायक अटल श्रीवास्तव ने कहा है कि बजट में ग्रामीण बेरोजगारी पर स्पष्ट रोडमैप का अभाव है। वहीं आदिवासी बहुल क्षेत्रों के लिए समयबद्ध कार्ययोजना नहीं है और सामाजिक न्याय के प्रावधानों के क्रियान्वयन पर स्पष्टता का अभाव है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस पार्टी जनता के हितों की आवाज उठाती रहेगी और यह सुनिश्चित करेगी कि संकल्प केवल नारा न बनकर जमीनी विकास में परिवर्तित हो। उन्होंने सरकार से आग्रह किया कि बजट को पुनः प्राथमिकता निर्धारण के साथ ग्रामीण, ST, SC एवं OBC केंद्रित बनाया जाए, ताकि विकास वास्तव में समावेशी और न्यायसंगत हो सके। उन्होंने कहा कि बजट में कई घोषणाएँ स्वागतयोग्य हैं, किन्तु इसकी दिशा और प्राथमिकताओं को और अधिक ग्रामीण तथा सामाजिक न्याय केंद्रित बनाने की आवश्यकता है। राज्य को समृद्ध बनाने वाला दस्तावेज:सवन्नी क्रेडा के अध्यक्ष भूपेन्द्र सवन्नी ने बजट का स्वागत करते हुए इसे छत्तीसगढ़ की जनता की आकांक्षाओं के अनुरूप, दूरदर्शी और राज्य को समृद्ध बनाने वाला ऐतिहासिक दस्तावेज बताया है। उन्होंने कहा कि यह बजट समावेशी विकास, क्षेत्रीय संतुलन, मजबूत आधारभूत संरचना, मानव संसाधन विकास, अंतिम छोर तक सेवाओं की उपलब्धता के साथ प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की ’गारंटी’ को पूरा करने और छत्तीसगढ़ को 2047 तक ’विकसित राज्य’ बनाने की दिशा में एक सशक्त कदम है। उन्होंने कहा कि यह बजट’ज्ञान’ और ’गति का संगम’ और ’विकसित छत्तीसगढ़’ का आधारस्तम्भ है। युवाओं के लिए बड़ी अहम घोषणाएं: दीपक सिंह भाजपा जिलाध्यक्ष दीपक सिंह ने कहा कि बजट में युवाओं के कौशल विकास, स्वरोजगार और औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थानों के उन्नयन पर जोर दिया गया है। ’अटल निर्माण वर्ष’ के तहत बुनियादी ढांचे में निवेश से रोजगार के नए अवसर सृजित होंगे। वहीं ’महतारी वंदन योजना’ के सफल क्रियान्वयन के साथ-साथ महिलाओं के स्वरोजगार और लखपति दीदी योजना को नई गति देना महिला सशक्तिकरण का प्रत्यक्ष प्रमाण है। सर्वहारा समाज को खास त्वज्जो : रौशन सिंह भाजयुमो के प्रदेश कार्य समिति सदस्य रौशन सिंह ने कहा है कि राज्य के बजट में प्रदेश के युवा,किसान, सर्वहारा समाज आम जनता का खास ध्यान रखा गया है। उन्होंने कहा कि इस बजट में विभिन्न घोषणाओं से मध्यम वर्ग सहित प्रदेश के करोड़ों नागरिक लाभान्वित होंगे एवं प्रदेश विकास के नए आयाम के साथ आगे बढ़ेगा। बिलासपुर को मिलीं कई सौगातें: महर्षि भारतीय जनता युवा मोर्चा के जिला उपाध्यक्ष महर्षि बाजपेयी ने कहा की यह बजट छत्तीसगढ़ को नई उचाईयों तक पहुंचाने वाला बजट है । इसमें बिलासपुर के एयरपोर्ट को भी वायु योजना से जोड़ा गया है जिससे जल्द ही नई उड़ानें बिलासा देवी एयरपोर्ट से प्रारंभ होगी, अच्छी शिक्षा के लिए छत्तीसगढ़ आईटी,नये फोरलेन फ्लाईओवर, युवाओं के लिये एजुकेशन हब सहित सौगातें बिलासपुर को मिली हैं। राज्य को पीछे धकेलने वाला बजट: सिध्दांशु बिलासपुर शहर जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष सिद्धांशु मिश्रा ने राज्य के बजट प्रावधानों की तीखी आलोचना करते हुए इसे निराशाजनक और छत्तीसगढ़ को और पीछे ले जाने वाला बजट निरूपित किया है। उन्होंने कहा कि इसमें खेतिहर किसान, मजदूर के साथ साथ शहर के मध्यम वर्ग के लोगों के लिए कोई प्रावधान नहीं किया गया है। उन्होंने कहा कि एक तरफ जहां दूसरे प्रदेश अपनी प्रमुख शहरों को मेट्रो सिटीज से जोड़ने एयरपोर्ट का विस्तार कर रहे हैं वही बिलासपुर एयरपोर्ट में फ्लाइट कम करके उसे बंद करने की ओर सरकार कदम बढ़ाती दिख रही है। झुनझुना, जुमले तक सीमित: गंगोत्री जिला कांग्रेस कमेटी (ग्रामीण) के अध्यक्ष महेंद्र गंगोत्री ने कहा कि वित्त मंत्री ओपी चौधरी ने बजट में 2047 तक छत्तीसगढ़ को विकसित राज्य बनाने का जो सपना दिखाया है वह जुमला है क्योंकि इसमें न तो युवाओं को रोजगार के अवसर मिल रहे हैं और न ही किसानों को उनके उपज का उचित मूल्य। उन्होंने कहा कि मजदूरों को उनके मजदूरी का उचित रोजी नहीं दिया जा रहा है तथा ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने का कोई भी ठोस काम इसमें नहीं दिख रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि बजट प्रदेश को विकसित करने का यह सिर्फ एक झुनझुना, जुमले तक सिमट कर रह गया है। जन संघर्ष समिति ने निराशा जताई हवाई सुविधा जन संघर्ष समिति के सुदीप श्रीवास्तव ने राज्य के बजट में बिलासा देवी केवट एयरपोर्ट को 4c एयरपोर्ट में बदलने के लिए एक मुश्त आवंटन न मिलने और कोई ठोस घोषणा न होने पर निराशा व्यक्त की है। समिति के मुताबिक जो 90 करोड़ रुपए वायु प्रोत्साहन योजना के तहत बिलासपुर, अंबिकापुर और जगदलपुर एयरपोर्ट के लिए आवंटित हुए हैं। वह वस्तुतः इन शहरों से चलने वाली उड़ानों में यात्री कम होने पर सब्सिडी देने की गारंटी के लिए हैं। घोषित राशि का अधिकाश लाभ बिलासपुर की बजाय अन्य शहरों को होने की आशंका उन्होंने जताई। कर्मियों ने किया कैशलेस चिकित्सा का स्वागत छत्तीसगढ़ टीचर्स एसोसिएशन के प्रदेश अध्यक्ष संजय शर्मा ने कर्मचारियों को चिंता मुक्त स्वास्थ्य सुविधा देने हेतु कैशलेस चिकित्सा का लाभ बजट में देने का स्वागत किया है। उन्होंने इसके लिए मुख्यमंत्री, वित्त मंत्री और स्वास्थ्य मंत्री के प्रति आभार जताते कहा कि मोदी की गारंटी के तहत क्रमोन्नति/समयमान के लिए निर्धारित 10 वर्ष की सेवा को एक बार (वन टाइम रिलैक्सेशन) शिथिल करते हुए 5 वर्ष करने की शिक्षकों की उम्मीद पूरी नहीं हुई है।
आगरा के डॉ. भीमराव अंबेडकर विश्वविद्यालय में अनियमितताओं के आरोपों को लेकर छात्रों का गुस्सा फूट पड़ा। अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (एबीवीपी) ने शारीरिक शिक्षा विभाग में भ्रष्टाचार और पक्षपात के विरोध में कुलपति सचिवालय पर जोरदार प्रदर्शन किया। अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद की विश्वविद्यालय इकाई ने छलेसर परिसर स्थित शारीरिक शिक्षा एवं खेलकूद विभाग में कथित अनियमितताओं को लेकर विरोध प्रदर्शन किया। कार्यकर्ताओं ने नारेबाजी करते हुए कुलपति का घेराव किया और दोषी कर्मचारियों व शिक्षकों पर कार्रवाई की मांग उठाई। एबीवीपी कार्यकर्ताओं का आरोप है कि विभाग में प्रैक्टिकल और सेशनल के नाम पर छात्रों से अवैध वसूली की जा रही है। इसके साथ ही खेल टीम चयन में पक्षपात और मनमानी हो रही है, जिससे योग्य खिलाड़ियों को मौका नहीं मिल पा रहा। छात्रों ने यह भी आरोप लगाया कि शिकायत करने पर उनके साथ अभद्र व्यवहार किया जाता है। प्रांत सह मंत्री पुनीत कुमार ने कहा कि ऐसे मामले विश्वविद्यालय की छवि को नुकसान पहुंचाते हैं और छात्रों के भविष्य से खिलवाड़ करते हैं। वहीं इकाई अध्यक्ष शिवम कोली ने दोषी कर्मचारियों के निलंबन और चयन प्रक्रिया में पारदर्शिता लाने की मांग की।इकाई मंत्री रवीत यादव ने चेतावनी दी कि यदि जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा। प्रदर्शन के दौरान एबीवीपी प्रतिनिधिमंडल ने कुलपति को ज्ञापन सौंपा।कुलपति ने छात्रों की समस्याओं पर जल्द जांच कर कार्रवाई का आश्वासन दिया है। प्रदर्शन में बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं मौजूद रहे और भ्रष्टाचार व छात्र उत्पीड़न के खिलाफ आवाज उठाई।
उत्तर प्रदेश में 27 फरवरी को रिलीज होने वाली फिल्म 'यादव-जी की लव स्टोरी' को लेकर सियासी घमासान तेज हो गया है। समाजवादी पार्टी ने फिल्म का कड़ा विरोध किया है। संभल की गुन्नौर विधानसभा सीट से सपा विधायक रामखिलाड़ी यादव ने फिल्म पर तत्काल रोक लगाने की मांग की है। विधायक रामखिलाड़ी यादव ने मंगलवार शाम 4 बजे संभल के जिला कलेक्ट्रेट बहजोई पहुंचकर बयान दिया। उन्होंने आरोप लगाया कि 'घूसखोर पंडित' के बाद अब 'यादव-जी की लव स्टोरी' के जरिए नया विवाद खड़ा किया जा रहा है। उनका कहना है कि यह फिल्म देश में अराजकता और जातीय संघर्ष का माहौल पैदा कर सकती है। विधायक रामखिलाड़ी यादव ने फिल्म के निर्माता और कलाकारों के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने की मांग की है। उन्होंने स्पष्ट किया कि फिल्म को रिलीज नहीं होने दिया जाएगा। लव-जिहाद के एंगल पर पूछे जाने पर उन्होंने कहा कि फिल्म का असली मकसद जातीय वैमनस्य फैलाना है। उन्होंने भारतीय जनता पार्टी पर षड्यंत्र रचने का आरोप लगाया। रामखिलाड़ी यादव ने पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव का हवाला देते हुए कहा कि समाजवादी पार्टी किसी एक जाति या धर्म की नहीं, बल्कि सभी वर्गों की पार्टी है। उन्होंने यह भी जोड़ा कि पार्टी संविधान निर्माता भीमराव अंबेडकर के बताए रास्ते पर चलते हुए समाज को जोड़ने की राजनीति करती है। अब सबकी निगाहें 25 फरवरी को सुप्रीम कोर्ट में 'यादव-जी की लव स्टोरी' फिल्म पर प्रतिबंध लगाने की मांग वाली याचिका पर होने वाली सुनवाई पर टिकी हैं। यादव समुदाय के लोगों ने फिल्म रिलीज होने पर सिनेमाघरों में इसे न चलने देने की चेतावनी दी है। संभल के थाना धनारी में इस संबंध में एक एफआईआर भी दर्ज हो चुकी है।
हरदोई के डॉ. राम मनोहर लोहिया महाविद्यालय, अल्लीपुर में 'भारतीय साहित्य में राम तत्व' विषय पर एक राष्ट्रीय संगोष्ठी का आयोजन किया गया। इस संगोष्ठी में देश के प्रतिष्ठित साहित्यकार, शिक्षाविद और समाज-चिंतक शामिल हुए, जिन्होंने राम के आदर्शों और साहित्य में उनकी सर्वव्यापकता पर गहन चर्चा की। कार्यक्रम का शुभारंभ 'श्री राम दरबार' की आरती और दीप प्रज्वलन के साथ हुआ। संगोष्ठी का एक प्रमुख आकर्षण छात्र-छात्राओं द्वारा प्रस्तुत की गई सजीव झांकी थी। बच्चों ने 'निषादराज मिलन', 'केवट प्रसंग' और 'भरत मिलाप' जैसे प्रसंगों के माध्यम से सामाजिक समरसता और मानवीय मूल्यों का चित्रण किया। मुख्य अतिथि, तुलसी साहित्य के विशेषज्ञ प्रो. सूर्य प्रकाश दीक्षित ने कहा कि राम केवल धार्मिक महापुरुष नहीं, बल्कि भारतीय साहित्य की चेतना और समन्वय के प्रतीक हैं। विशिष्ट अतिथि डॉ. देवी प्रसाद तिवारी (BHU) ने रामकथा को भारत की सांस्कृतिक एकता का सूत्र बताया। मुख्य वक्ता श्री ज्ञान पांडेय ने चरित्र निर्माण में राम तत्व की भूमिका पर प्रकाश डाला। अंतरराष्ट्रीय रामायण संस्थान के निदेशक और आयोजन के सूत्रधार श्री जैनेन्द्र कुमार (IAS) ने इस विमर्श को ग्रामीण अंचल तक पहुँचाने में भूमिका निभाई। महाविद्यालय के संस्थापक डॉ. सुशील चन्द्र त्रिवेदी 'मधुपेश' की प्रतिनिधि स्नेहिल पाण्डैय ने शिक्षण संस्थानों में नैतिक मूल्यों के महत्व पर जोर दिया। कार्यक्रम की अध्यक्षता डॉ. बी.एस. पांडेय ने की और संचालन राजकुमार सिंह ने किया। महेश मिश्र ने आभार व्यक्त किया। इस अवसर पर डॉ. ईश्वर चंद्र वर्मा, मदन मोहन पाण्डेय, और डॉ. शशिकांत पांडेय सहित कई शोधार्थी और प्रबुद्धजन उपस्थित रहे। संगोष्ठी का समापन राष्ट्रगान के साथ हुआ। देखें तस्वीरें…
ग्वालियर स्थित जीवाजी विश्वविद्यालय की सेंट्रल लाइब्रेरी की छत से गिरकर एक व्यक्ति की मौत हो गई। घटना मंगलवार शाम की है। 50 वर्षीय अंगद जाटव थाटीपुर के विवेक नगर के निवासी थे। वे जीवाजी विश्वविद्यालय में माली के पद पर कार्यरत थे। घटना से पहले दोपहर में अंगद ने पत्नी से फोन पर बात की थी। उन्होंने कहा था कि उन्होंने रजिस्टर पर हस्ताक्षर कर ड्यूटी ज्वाइन कर ली है। घटना के बाद अंगद को घायल अवस्था में जीवाजी विश्वविद्यालय में पढ़ने वाली एक छात्रा के भाई ने अस्पताल में भर्ती कराया था। इलाज के दौरान उनकी मृत्यु हो गई। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। बुधवार को पोस्टमार्टम के बाद शव अंतिम संस्कार के लिए परिजनों को सौंप दिया जाएगा। पुलिस ने यह भी बताया कि इस मामले में जीवाजी विश्वविद्यालय के अधिकारियों से भी पूछताछ की जाएगी। 19 दिन पहले ही हुआ था तबादला हालांकि, सूत्रों के अनुसार, अंगद का तबादला 19 दिन पहले सेंट्रल लाइब्रेरी से भाषा अध्ययन विभाग में कर दिया था। आरोप है कि उन्हें 19 दिनों से नई जगह पर जॉइनिंग नहीं दी जा रही थी, जिसके कारण वह तनाव में थे और संभवतः इसी वजह से उन्होंने यह कदम उठाया। परिजनों की ओर से अभी तक किसी पर कोई औपचारिक आरोप नहीं लगाया है।
जिले के बीकापुर तहसील क्षेत्र में 2914 ऐसे परिवारों की पहचान की गई है जो आयकरदाता होने के बावजूद सरकारी राशन का लाभ ले रहे थे। इनमें से 1742 परिवारों के राशन कार्ड निरस्त कर दिए गए हैं। यह कार्रवाई राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा मिशन के तहत सामने आई बड़ी अनियमितता के बाद की गई है। बीकापुर और तारून क्षेत्र में कुल 70202 राशन कार्ड धारक हैं। इनमें से 2914 आयकरदाता परिवारों की पहचान हुई। बीकापुर ब्लॉक क्षेत्र में 27730 पात्र गृहस्थी और 4442 अंत्योदय कार्ड धारक हैं, जिनमें से 1449 आयकरदाता पाए गए और 523 राशन कार्ड निरस्त किए गए। इसी तरह, तारून विकास खंड क्षेत्र में 33312 पात्र गृहस्थी और 4718 अंत्योदय कार्ड धारक हैं। यहां 1465 आयकरदाता मिले, जिसके बाद 1219 राशन कार्ड रद्द किए गए। निरस्त किए गए अधिकांश कार्ड पात्र गृहस्थी और अंत्योदय श्रेणी के थे। जांच में सामने आया कि कई परिवार जिनकी आय गरीबी रेखा से काफी ऊपर है, वे भी सरकारी राशन का लाभ उठा रहे थे। यह गड़बड़ी तब उजागर हुई जब हाल ही में राशन कार्ड धारकों की केवाईसी (अपने ग्राहक को जानें) प्रक्रिया के दौरान आधार कार्ड को पैन कार्ड से लिंक किया गया। आयकर विभाग ने इस लिंकेज के माध्यम से आयकरदाताओं की पहचान की और आयकर रिटर्न दाखिल करने वाले व्यक्तियों की एक सूची जिला आपूर्ति विभाग को भेजी। सूची मिलने के बाद अधिकारियों ने जांच शुरू कर दी। जिला आपूर्ति अधिकारी बृजेश मिश्रा ने बताया कि उन्हें आईटीआर भरने वालों की जानकारी केंद्र सरकार से मिली है। उन्होंने स्पष्ट किया कि यदि राशन कार्ड में शामिल कोई भी व्यक्ति आयकर भर रहा है, तो विभाग को इसकी सूचना मिल रही है और उसका राशन कार्ड निरस्त किया जा रहा है। कुछ मामलों में अनियमितता की आशंका पर आगे की जांच भी की जा रही है। राशन कार्ड निरस्त होने के बाद कई प्रभावित लोग विभाग के चक्कर लगा रहे हैं।
महोबा में ट्रैक्टर की टक्कर से एक की मौत:दो गंभीर घायल, स्थिति गंभीर होने पर मेडिकल कॉलेज रेफर
महोबा के पनवाड़ी थाना क्षेत्र के अंतर्गत एनएच महोबा रोड पर मंगलवार देर शाम को एक सड़क हादसे में एक युवक की मौत हो गई, जबकि दो अन्य गंभीर रूप से घायल हो गए। यह घटना ट्रैक्टर की टक्कर के कारण हुई। पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, यह हादसा राष्ट्रीय राजमार्ग पर हुआ। एक ट्रैक्टर ने तीन युवकों को टक्कर मार दी, जिससे दो गंभीर रूप से घायल हो गए। घायलों को तत्काल उपचार के लिए अस्पताल ले जाया गया, जहां एक युवक ने दम तोड़ दिया। अन्य घायल युवकों को झांसी मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया है। प्रभारी निरीक्षक वीरेंद्र प्रताप के अनुसार मामले की जांच शुरू कर दी है।
मिर्जापुर में अति पिछड़े हलिया ब्लॉक क्षेत्र के सेमरिहा गांव में नव निर्मित ब्रजदेव इथेनॉल प्राइवेट लिमिटेड का उद्घाटन रविवार देर शाम किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ अरुण सिंह भाजपा के राष्ट्रीय महासचिव ने किया। इस अवसर पर बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि, उद्योगपति, स्थानीय नागरिक और भाजपा कार्यकर्ता उपस्थित रहे। रोजगार और आत्मनिर्भरता पर जोर उद्घाटन के दौरान अरुण सिंह ने कहा कि केंद्र और प्रदेश सरकार उद्योगों को बढ़ावा देने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि यह इथेनॉल उत्पादन इकाई ऊर्जा क्षेत्र में आत्मनिर्भरता बढ़ाने के साथ-साथ स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर सृजित करेगी। उन्होंने कहा कि इथेनॉल उत्पादन में प्रयुक्त कृषि उपज की मांग बढ़ने से क्षेत्र के किसानों को भी लाभ मिलेगा और हलिया क्षेत्र के औद्योगिक विकास को नई गति मिलेगी। जनप्रतिनिधियों ने जताई उम्मीद कार्यक्रम में भदोही सांसद डॉ. विनोद बिंद और राज्यमंत्री सोहनलाल श्रीमाली ने भी संबोधित किया। वक्ताओं ने कहा कि ऐसे उद्योग पूर्वांचल के विकास को नई दिशा देंगे और निवेश के साथ रोजगार में वृद्धि होगी। कार्यक्रम की शुरुआत में कंपनी के मालिक देवेश गिरी ने मुख्य अतिथि एवं अन्य जनप्रतिनिधियों का पुष्पगुच्छ व अंगवस्त्र भेंट कर स्वागत किया। इसके बाद सांसद ने प्लांट का निरीक्षण कर उत्पादन प्रक्रिया की जानकारी ली। इस मौके पर विधायक रत्नाकर मिश्रा, रमाशंकर सिंह पटेल, रिंकी कोल, शुचिस्मिता मौर्य, एमएलसी श्याम नारायण सिंह उर्फ विनीत सिंह और नगर पालिका अध्यक्ष श्याम सुंदर केसरी ने भी अपने विचार रखे। सभी वक्ताओं ने कहा कि इथेनॉल प्लांट के संचालन से प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रूप से सैकड़ों लोगों को रोजगार मिलेगा। साथ ही परिवहन, कृषि और सहायक उद्योगों को भी बढ़ावा मिलेगा, जिससे क्षेत्रीय अर्थव्यवस्था मजबूत होगी। उद्घाटन समारोह में भारी संख्या में ग्रामीण और क्षेत्रीय लोग उपस्थित रहे, जिससे आयोजन का माहौल उत्सवपूर्ण बना रहा।
नगर निगम बोर्ड बैठक में 11 अरब के प्रस्ताव पारित:शहर के विकास से जुड़े कई अहम फैसलों पर लगी मुहर
मुरादाबाद। नगर निगम मुरादाबाद की बोर्ड बैठक टाउन हॉल स्थित निगम सभागार में महापौर विनोद अग्रवाल की अध्यक्षता में संपन्न हुई। इस बैठक में शहर के विकास से संबंधित कई महत्वपूर्ण प्रस्तावों पर चर्चा की गई। सब समिति द्वारा प्रस्तुत 11 अरब रुपये के विकास प्रस्तावों को बहुमत से पारित कर दिया गया। बैठक में पार्षदों की कार्य सुविधा के लिए महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए। पीली कोठी स्थित कैंप कार्यालय में पार्षदों के लिए अलग कार्यालय बनाने और टाउन हॉल स्थित नगर निगम परिसर में भी पार्षद कार्यालय स्थापित करने के प्रस्ताव को मंजूरी दी गई। इससे पार्षदों को अपने-अपने वार्डों के कार्यों के निष्पादन में आसानी होगी। इसके अतिरिक्त, जामा मस्जिद चौराहे पर सूफी अम्मा प्रसाद की मूर्ति स्थापना के प्रस्ताव पर भी विचार-विमर्श हुआ। इस मुद्दे पर कुछ पार्षदों के बीच बहस भी हुई, जिसमें पक्ष और विपक्ष दोनों ने अपने तर्क रखे। अंततः, इस विषय को विस्तृत चर्चा के लिए आगे विचारार्थ रखने का सुझाव दिया गया। बैठक के दौरान कई वार्डों में सात सफाई कर्मियों के ड्यूटी से अनुपस्थित रहने की शिकायत पर पार्षदों ने नाराजगी व्यक्त की। पार्षदों ने आरोप लगाया कि अनुपस्थित रहने के बावजूद इन कर्मचारियों को वेतन दिया जा रहा है। बोर्ड ने इस पर कड़ा रुख अपनाते हुए संबंधित सफाई कर्मियों का वेतन रोकने और जांच के बाद आवश्यक कार्रवाई करने का आश्वासन दिया। महापौर विनोद अग्रवाल ने कहा कि नगर निगम शहर के समग्र विकास और स्वच्छता व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए प्रतिबद्ध है, और सभी कार्य पारदर्शिता के साथ किए जाएंगे। इस अवसर पर नगर आयुक्त दिव्यांशु पटेल, अपर नगर आयुक्त अजीत कुमार, अतुल कुमार, आशुतोष राय, सभापति शैलेंद्र सैनी सहित सभी वार्डों के पार्षद और अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।
बागपत के बड़ौत कोतवाली क्षेत्र के सुल्तानपुर हटाना गांव में हुए बर्तन विक्रेता हत्याकांड का पुलिस ने खुलासा कर दिया है। इस मामले में दो आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस के अनुसार, आरोपियों ने शराब पीने के बाद हुए विवाद में बर्तन विक्रेता की ईंट से पीट-पीटकर हत्या की गई थी। यह खुलासा घटना के एक सप्ताह बाद हुआ है। मृतक बर्तन विक्रेता का नाम शमशाद था, जो मूल रूप से संभल का रहने वाला था। वह बागपत में बर्तन बेचकर अपने परिवार का भरण-पोषण करता था। शमशाद का शव सुल्तानपुर हटाना गांव के जंगल में मिला था। पुलिस ने शव का पंचनामा भरकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा और मामले की छानबीन शुरू की। पुलिस जांच में सामने आया कि 16 फरवरी को शमशाद बर्तन बेचने के बाद लौट रहा था। इसी दौरान उसकी दोनों आरोपियों से किसी बात को लेकर कहासुनी हो गई। विवाद बढ़ने पर आरोपियों ने शमशाद पर ईंट से हमला कर दिया, जिससे उसकी मौत हो गई। बड़ौत कोतवाली पुलिस और सर्विलांस टीम ने इस मामले में मोहित और चमन नामक दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। ये दोनों गांगनौली, थाना दोघट, जनपद बागपत के निवासी हैं। पुलिस ने इनके कब्जे से घटना में प्रयुक्त बुलेट बाइक और एक ईंट बरामद की है। पुलिस फिलहाल पूरे मामले की गहनता से जांच कर रही है।
मुरादाबाद PVR में भूकंप मॉक ड्रिल:NDRF-SDRF समेत एजेंसियों ने परखी राहत-बचाव तैयारियां
मुरादाबाद के PVR परिसर में मंगलवार को जिला प्रशासन ने भूकंप मॉक ड्रिल का आयोजन किया। इस अभ्यास में NDRF, SDRF सहित विभिन्न विभागों की टीमों ने एक बड़े भवन में भूकंप की काल्पनिक स्थिति बनाकर राहत और बचाव कार्यों का अभ्यास किया। अधिकारियों ने बताया कि इस मॉक ड्रिल का मुख्य उद्देश्य आपदाओं से निपटने के लिए प्रशासनिक तैयारियों का आकलन करना था। इसका लक्ष्य नागरिकों को जागरूक करना और आपातकालीन स्थितियों में कम से कम समय में लोगों को सुरक्षित निकालने का अभ्यास करना है। इसके तहत अचानक सूचना मिलने पर आपातकालीन सेवाओं को सक्रिय करने और घायलों को तुरंत अस्पताल पहुंचाने की प्रक्रिया का नियमित अभ्यास किया गया। जिलाधिकारी के निर्देश पर आयोजित इस मॉक ड्रिल में अपर जिलाधिकारी सहित जिला प्रशासन के कई अधिकारी मौजूद रहे। इसमें सिविल डिफेंस, फायर सर्विस, तहसील प्रशासन, SDRF और NDRF की टीमों ने संयुक्त रूप से भाग लिया। अधिकारियों ने बताया कि यह इस वर्ष की चौथी मॉक एक्सरसाइज थी, जिसे जिला स्तर पर NDRF के साथ आयोजित किया गया। इस अभ्यास के लिए NDRF की 20 सदस्यीय टीम, सिविल डिफेंस के 20 स्वयंसेवक, फायर सर्विस की टीम और तहसील प्रशासन के कर्मचारी मौके पर तैनात थे। कंट्रोल रूम को सक्रिय कर सभी संबंधित विभागों को अलर्ट किया गया और भवन में फंसे लोगों को सुरक्षित बाहर निकालने की प्रक्रिया का अभ्यास किया गया। मॉक एक्सरसाइज के दौरान NDRF की टीम अपने खोजी कुत्तों के साथ पहुंची और मलबे में फंसे लोगों की तलाश का प्रदर्शन किया। बचाव दल ने स्ट्रेचर के माध्यम से घायलों को बाहर निकालकर एंबुलेंस से अस्पताल भिजवाने की प्रक्रिया का भी सफलतापूर्वक अभ्यास किया। अधिकारियों ने बताया कि इस तरह के अभ्यास से आपात स्थिति में विभिन्न एजेंसियों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित होता है और जनहानि को कम करने में मदद मिलती है। प्रशासन ने आम नागरिकों से अपील की कि आपदा के समय घबराने के बजाय प्रशासन का सहयोग करें और सुरक्षा संबंधी निर्देशों का पालन करें।
लखनऊ में कोर्ट को बम से उड़ाने की धमकी:एडीजे राहुल मिश्रा को आया मेल, लिखा- 15 बम लगाए हैं
लखनऊ में कोर्ट को बम से उड़ने की धमकी दी गई एक युवक ने एडीजे राहुल मिश्रा की ईमेल पर मेल किया। उसमें लिखा था 1 बजे कोर्ट को बम से उड़ा दिया जाएगा। युवक तमिलनाडु स्कूल सिलेबस से पैगंबर मोहम्मद को हटाने को लेकर नाराज था। मेल में क्या लिखा थाकोर्ट/जज चैंबर में ठीक 1PM बजे ब्लास्ट करने के लिए 15 बम लगाए गए हैं! DMK तमिलनाडु स्कूल सिलेबस से पैगंबर मुहम्मद के पाठ हटाने से रोके ! जजों, तमिलनाडु के स्कूल सिलेबस में पैगंबर मुहम्मद के पाठों पर DMK पार्टी का दोहरा रवैया बहुत बुरा है! हम सिर्फ़ वोट बैंक नहीं हैं, हम वो ताकत हैं जो उदयनिधि का करियर और सिर बना या बिगाड़ सकते हैं! तमिलनाडु में मुसलमानों के पॉलिटिकल मसलों को सुलझाने के लिए आपकी कोर्ट और जज का कमरा सबसे आसान टारगेट हैं। इस धमाके को एक सबक मानें, और याद रखें कि आज हम सिर्फ़ प्रॉपर्टी और बिल्डिंग का डैमेज चाहते हैं। इसलिए प्लीज़ दोपहर 1 PM तक सभी जजों को निकाल लें। बम अमृतसर और कोयंबटूर में LeT और CPI(Mao) सेल से मिले थे। उदयनिधि का बेटा इनबानिधि उदय होमोसेक्सुअल है, उसे इस हफ़्ते मदुरै दरगाह में नहीं घुसना चाहिए। हम ऐसा बर्ताव बर्दाश्त नहीं करेंगे और अगर वह घुसा तो मदुरै दरगाह के पास मुरुगन मंदिर में ब्लास्ट करने के लिए बचे हुए IEDs का इस्तेमाल करेंगे ! Shirazuddin Aibak alias Ksatriyan अल्लाहू अक़बर
लखनऊ के गोमतीनगर स्थित इमार गोमती ग्रीन सोसाइटी में मंगलवार को निवासियों ने जमकर विरोध प्रदर्शन किया। यह प्रदर्शन क्लब हाउस को अवैध तरीके से बेचे जाने के विरोध में किया गया। बड़ी संख्या में निवासियों ने क्लब परिसर के बाहर इकट्ठा होकर नाराजगी जताई। प्रदर्शन में बड़ी संख्या में महिलाएं शामिल हुईं। निवासियों का आरोप है कि इमार इंडिया ने उनकी सुविधा के लिए बनाए गए क्लब हाउस को मनमाने ढंग से एक बाहरी एजेंसी को बेच दिया है। उनका कहना है कि अब इस परिसर में व्यावसायिक गतिविधियां संचालित हो रही हैं, जिससे सोसाइटी की सुरक्षा को खतरा पैदा हो गया है। निवासियों ने यह भी बताया कि देर रात तक चलने वाले कार्यक्रमों से बच्चों की पढ़ाई प्रभावित हो रही है और लोगों को परेशानी हो रही है। बुनियादी समस्याओं को उठाया प्रदर्शनकारियों ने हाथों में बैनर-पोस्टर लेकर क्लब और इमार इंडिया के कार्यालय के बाहर विरोध प्रदर्शन किया। इस दौरान उन्होंने क्लब हाउस के मुद्दे के साथ-साथ बिजली, पानी और सीवर जैसी बुनियादी समस्याओं को भी उठाया। निवासियों का कहना है कि वे इन रोजमर्रा की परेशानियों से जूझ रहे हैं, लेकिन उनकी शिकायतों पर कोई सुनवाई नहीं हो रही है। निवासियों ने सरकार और लखनऊ विकास प्राधिकरण (एलडीए) को चेतावनी दी है कि यदि क्लब हाउस को दोबारा रेजिडेंट्स वेलफेयर एसोसिएशन को नहीं सौंपा गया और उनकी बुनियादी समस्याओं का समाधान नहीं किया गया, तो वे जल्द ही एक बड़ा आंदोलन शुरू करेंगे। ये लोग शामिल हुए इस प्रदर्शन में आरडब्ल्यूए अध्यक्ष राज किशोर राकेश सहित श्वेता श्रीवास्तव, पूजा अहमद, नीलम पांडेय, भारती बर्नवाल, तारा सिंह, श्वेता गौतम, अनीता मौर्य, पारुल जायसवाल, साधना चौधरी, ज्ञानेश्वर पांडेय, कैप्टन जनैद, कर्नल सीमांत, विजय गुप्ता, सुधा चक, विवेक, संतोष यादव, उज्ज्वल त्रिपाठी, राजीव सिंह और एसडी मौर्य सहित बड़ी संख्या में अन्य निवासी मौजूद रहे।
हनंदीपुरम योजना: 76 हेक्टेयर भूमि क्रय, 128 पर सहमति:पहले चरण को जल्द लॉन्च करने की तैयारी
गाजियाबाद विकास प्राधिकरण (GDA) की हनंदीपुरम योजना में भूमि अधिग्रहण प्रक्रिया तेजी से आगे बढ़ रही है। योजना के पहले चरण के लिए अब तक किसानों से आपसी सहमति के आधार पर लगभग 76 हेक्टेयर भूमि खरीदी जा चुकी है, जिसका बैनामा भी प्राधिकरण के नाम हो गया है। इसके अतिरिक्त, लगभग 128 हेक्टेयर भूमि के लिए किसानों से सहमति प्राप्त हो चुकी है। इन जमीनों की खरीद प्रक्रिया वर्तमान में जारी है, और अधिकारियों को इसे शीघ्र पूरा करने के निर्देश दिए गए हैं ताकि योजना का पहला चरण समय पर शुरू किया जा सके। इस संबंध में, प्राधिकरण के सचिव ने एक समीक्षा बैठक की। बैठक में संयुक्त सचिव, तहसीलदार (भू-अर्जन), लेखपाल और अमीन सहित संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे। इसमें भूमि खरीद की प्रगति, सहमति वाले मामलों और आगामी कार्ययोजना पर विस्तृत चर्चा हुई। सचिव ने निर्देश दिए कि पहले चरण के लिए आवश्यक भूमि को प्राथमिकता के आधार पर खरीदा जाए। उन्होंने विशेष रूप से उन 128 हेक्टेयर जमीनों की खरीद प्रक्रिया में कोई देरी न करने पर जोर दिया, जिनके लिए सहमति मिल चुकी है। अधिकारियों को समयबद्ध तरीके से कार्य पूरा करने के लिए कहा गया है। हनंदीपुरम योजना के तहत आधुनिक सड़कें, हरे-भरे क्षेत्र, पार्क, सामुदायिक सुविधाएं और एक सुव्यवस्थित आवासीय प्रणाली विकसित की जाएगी। इसे गाजियाबाद के सुनियोजित विकास की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। प्राधिकरण का लक्ष्य है कि किसानों के साथ सहमति और पारदर्शिता बनाए रखते हुए विकास कार्यों को तेजी से आगे बढ़ाया जाए, जिससे नागरिकों को बेहतर सुविधाएं मिल सकें।
मथुरा में होली-जुलूसों पर पीस कमेटी बैठक:प्रशासन ने दिए आवश्यक दिशा-निर्देश, शांतिपूर्ण आयोजन पर जोर
मथुरा में आगामी होली पर्व, रमजान और विभिन्न जुलूसों के शांतिपूर्ण आयोजन के लिए मंगलवार को थाना कोतवाली परिसर में पीस कमेटी की बैठक हुई। इसकी अध्यक्षता सिटी मजिस्ट्रेट अनुपम मिश्रा और सीओ सिटी आईपीएस आशना चौधरी ने संयुक्त रूप से की। बैठक में क्षेत्र के गणमान्य नागरिक, धर्मगुरु, व्यापार मंडल प्रतिनिधि और समिति सदस्य शामिल हुए। उन्होंने अपने सुझाव भी प्रस्तुत किए। प्रशासन ने बैठक में साफ-सफाई, पेयजल, विद्युत आपूर्ति और सुरक्षा व्यवस्था को प्राथमिकता बताया। संबंधित विभागों को निर्देश दिए गए कि त्योहार से पहले सभी व्यवस्थाएं दुरुस्त कर ली जाएं, ताकि नागरिकों को कोई असुविधा न हो। जुलूसों के दौरान यातायात प्रबंधन, बैरिकेडिंग और संवेदनशील क्षेत्रों में अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती पर विशेष ध्यान देने को कहा गया। पुलिस अधिकारियों ने होली पर्व को आपसी भाईचारे और सौहार्दपूर्ण माहौल में मनाने की अपील की। उन्होंने चेतावनी दी कि अफवाह फैलाने, हुड़दंग करने या कानून व्यवस्था भंग करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। ध्वनि प्रदूषण रोकने के लिए डीजे और अन्य ध्वनि विस्तारक यंत्रों के उपयोग पर नियमानुसार प्रतिबंधों का पालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। सीओ सिटी आशना चौधरी ने नागरिकों से शांतिपूर्वक त्योहार मनाने और प्रशासन का सहयोग करने की अपील की। उन्होंने आश्वस्त किया कि पुलिस-प्रशासन त्योहारों को सकुशल संपन्न कराने के लिए पूरी तरह सतर्क और प्रतिबद्ध है।
रामपुर के मिलक क्षेत्र के नवदिया गांव स्थित सिर्रा मोड़ के पास आम के बाग में एक युवक ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। ससुराल में विवाद हुआ था। घटना से इलाके में सनसनी फैल गई। जानकारी के अनुसार, मृतक एक दिन पहले थाना शहजादनगर क्षेत्र के सेंड्रा गांव स्थित अपनी ससुराल गया था। मुलायम सिंह (23) साथ पत्नी नीतू और 14 माह का बेटा भी थे। बताया जा रहा है कि ससुराल पक्ष से किसी बात को लेकर उसका विवाद हो गया, जिसके बाद वह वहां से निकल गया। आत्महत्या से पहले युवक ने अपने एक दोस्त के मोबाइल पर अपनी लोकेशन और बाइक की चाबी के बारे में जानकारी भेजी थी। पुलिस और फोरेंसिक टीम पहुंची मौके पर सूचना मिलने पर मिलक थाना प्रभारी पुष्कर सिंह पुलिस टीम और फोरेंसिक दल के साथ मौके पर पहुंचे। शव को पेड़ से नीचे उतरवाकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया। एडिशनल एसपी अनुराग सिंह ने बताया कि प्रथम दृष्टया मामला आत्महत्या का प्रतीत हो रहा है, हालांकि सभी पहलुओं की जांच की जा रही है। मोबाइल में ऑडियो रिकॉर्डिंग मिलने का दावा परिजनों ने ससुराल पक्ष और एक रिश्तेदार पर विवाद का आरोप लगाया है। गांव के प्रधान जबर सिंह के अनुसार, मृतक के मोबाइल में एक ऑडियो रिकॉर्डिंग मिली है, जिसमें उसके साढ़ू हरिओम के साथ तीखी बातचीत दर्ज है। घटना के कई घंटे बाद तक कोई तहरीर नहीं दी गई थी। मृतक खेती-बाड़ी और मजदूरी कर परिवार का भरण-पोषण करता था। उसकी शादी करीब 3 साल पहले हुई थी। घर में मां और भाई का रो-रोकर बुरा हाल है। पुलिस का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच के बाद ही स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।
मजदूरी के पैसे मांगने पर मजदूर की हत्या:मथुरा में आरोपी ने साथी को भी गंभीर रूप से घायल किया
मथुरा के सदर बाजार थाना क्षेत्र में मजदूरी के पैसे मांगने पर एक मजदूर की पीट-पीटकर हत्या कर दी गई। इस घटना में उसका एक साथी गंभीर रूप से घायल हो गया। मृतक की पहचान हरिओम के रूप में हुई है, जो पिछले लगभग दो महीने से कल्ला नामक व्यक्ति के यहां बेलदारी का काम कर रहा था। परिजनों के अनुसार, हरिओम ने कई बार अपनी मजदूरी के पैसे मांगे थे, लेकिन आरोपी टालमटोल करता रहा। आरोप है कि घटना वाले दिन आरोपी ने हरिओम को पैसे देने के बहाने अपने घर बुलाया। वहां उसे शौचालय में बंधक बनाकर ईंटों और लोहे की सरियों से बेरहमी से पीटा गया। गंभीर चोटों के कारण हरिओम ने मौके पर ही दम तोड़ दिया।। जब हरिओम का साथी मनोज उसे बचाने पहुंचा, तो आरोपी ने उस पर भी हमला कर दिया। हमले में मनोज गंभीर रूप से घायल हो गया, जिसे तत्काल अस्पताल में भर्ती कराया गया। हालत गंभीर होने पर उसे आगरा रेफर कर दिया गया है। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा। पुलिस ने आरोपी को हिरासत में ले लिया है और मामले की जांच शुरू कर दी है। अधिकारियों ने बताया कि तहरीर के आधार पर मुकदमा दर्ज कर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
मैनपुरी में 11 घंटे में दो सगे भाइयों की मौत:एक साथ उठी अर्थी, छोटे भाई की मौत पर सदमे गई जान
मैनपुरी में दो सगे भाइयों की 11 घंटे के अंतराल में मौत हो गई। मंगलवार को 39 वर्षीय आदेश और उनके बड़े भाई 45 वर्षीय शील कुमार कठेरिया की अर्थियां एक साथ उठीं और पास-पास उनकी चिताएं जलाई गईं। मामला थाना दन्नाहार क्षेत्र के ग्राम टिंडौली का है। कैंसर से जूझ रहे थे आदेश परिजनों के अनुसार, आदेश पिछले दो वर्षों से गंभीर बीमारी से पीड़ित थे। उनके बड़े बेटे ऋषभ ने बताया कि ग्वालियर में जांच के दौरान उन्हें गले का कैंसर बताया गया था। करीब चार महीने तक इलाज चला, लेकिन विशेष राहत नहीं मिली। बाद में जांच में फेफड़े का एक हिस्सा गंभीर रूप से खराब होने की बात सामने आई। हालत बिगड़ने पर उन्हें सैफई लाया गया और वहां से पीजीआई ले जाया जा रहा था। सोमवार शाम करीब 6 बजे रास्ते में ही उन्होंने दम तोड़ दिया। पत्नी सुंदरी के मुताबिक, इलाज के लिए परिवार ने तीन बीघा जमीन 6.5 लाख रुपए में बेच दी थी और करीब तीन लाख रुपए का कर्ज भी लिया था। छोटे भाई का सदमा सह न सके शील कुमार सोमवार रात आदेश का शव गांव पहुंचते ही परिवार में कोहराम मच गया। बड़े भाई शील कुमार, जो दन्नाहार थाने में चौकीदार के पद पर तैनात थे, सूचना मिलते ही पहुंचे। छोटे भाई का शव देखते ही उनकी तबीयत बिगड़ गई। मंगलवार सुबह करीब 5 बजे उन्हें दिल का दौरा पड़ा और उनकी भी मौत हो गई। शील कुमार चार भाइयों में सबसे बड़े थे, जबकि आदेश तीसरे नंबर पर थे। शील कुमार के पांच बच्चे हैं, जिनमें बड़ी बेटी शिवानी का विवाह हो चुका है। परिवार के दो कमाने वाले सदस्यों की एक साथ मौत से परिजनों पर गहरा आर्थिक संकट आ गया है। गांव में मातम का माहौल है और हर आंख नम है।
बुलंदशहर पुलिस ने बाल चोरी के आरोप में पांच लोगों को गिरफ्तार किया है। खुर्जा नगर थाना पुलिस ने एक सूचना के आधार पर कंदरगढ़ी रेलवे पुल के पास से इन आरोपियों को पकड़ा। पुलिस ने इनके कब्जे से चोरी किए गए बाल और एक चाकू बरामद किया है। यह कार्रवाई वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक दिनेश कुमार सिंह के निर्देश पर अपराधियों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत की गई। बरामद किए गए बालों का कुल वजन 4.720 किलोग्राम है, जिनकी अनुमानित कीमत लगभग 1 लाख रुपये बताई गई है। इसके अतिरिक्त, एक अवैध चाकू भी जब्त किया गया है। पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार अभियुक्तों ने 23 जुलाई 2026 को खुर्जा नगर थाना क्षेत्र के ग्राम शाहपुर के पास एक मोटरसाइकिल पर रखे बाल चोरी करने की घटना को अंजाम दिया था। इस संबंध में खुर्जा नगर थाने में मामला दर्ज किया गया था। पूछताछ में अभियुक्तों ने बताया कि 23 फरवरी 2026 को रास्ते से गुजरते समय उनकी नजर ग्राम शाहपुर के पास खड़ी एक मोटरसाइकिल पर रखे थैले पर पड़ी थी, जिसमें बाल रखे हुए थे। उन्हें पहले से जानकारी थी कि बाल महंगे दामों में बिकते हैं। इसी लालच में उन्होंने मोटरसाइकिल से बाल चोरी कर लिए और मौके से फरार हो गए। गिरफ्तार अभियुक्तों की पहचान मोहित उर्फ कजरा (पुत्र दीपचंद), अर्जन उर्फ शाका (पुत्र अनिल), टिंकू (पुत्र नानकचंद) के रूप में हुई है, ये सभी ग्राम शाहपुर कलां, थाना खुर्जा नगर, बुलंदशहर के निवासी हैं। इनके अलावा, संजय शर्मा (पुत्र जमुना प्रसाद शर्मा, निवासी ग्राम लोधोना, थाना जेवर, गौतमबुद्धनगर) और बिट्टू उर्फ आलोक (पुत्र सतीश, निवासी ग्राम अतराजपुर, थाना छिबरामऊ, कन्नौज) भी शामिल हैं। खुर्जा नगर पुलिस गिरफ्तार अभियुक्तों और बरामदगी के संबंध में आगे की कानूनी कार्रवाई कर रही है। सभी अभियुक्तों को न्यायिक हिरासत में भेजा जा रहा है।
लखीमपुर खीरी लूटकांड का खुलासा:चार बदमाश गिरफ्तार, नकदी और वाहन बरामद
लखीमपुर में फरधान थाना क्षेत्र में 13 फरवरी को हुई लूट की घटना का पुलिस ने खुलासा कर दिया है। पुलिस ने इस मामले में चार बदमाशों को गिरफ्तार किया है। उनके कब्जे से एक स्विफ्ट डिजायर कार, एक बाइक, तीन मोबाइल फोन और 12,800 रुपये नकद बरामद किए गए हैं। सभी आरोपियों को न्यायालय में पेश कर जेल भेज दिया गया है। सीओ सिटी विवेक तिवारी ने बताया कि 13 फरवरी को कोरैय्या चमरू निवासी रोहित जायसवाल के साथ लूट हुई थी। इस संबंध में मुकदमा दर्ज कर पुलिस ने जांच शुरू की थी। विवेचना के दौरान मिले सुरागों के आधार पर आरोपियों की पहचान की गई। पहचान के बाद पुलिस आरोपियों की तलाश में थी। 24 फरवरी को फरधान पुलिस को उनकी लोकेशन मिली, जिसके बाद घेराबंदी कर चारों बदमाशों को गिरफ्तार कर लिया गया। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान कपिल (निवासी बेलरहा, थाना पसगवां), धर्मेश (निवासी पीरपुर, थाना फरधान), रामजी सिंह (निवासी धखौरा, थाना मैगलगंज) और सलीम अली (निवासी पीरपुर, थाना फरधान) के रूप में हुई है। पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार बदमाशों में से एक का आपराधिक इतिहास भी है। बरामद की गई कार और बाइक को घटना में इस्तेमाल किया गया था। पुलिस ने सभी आरोपियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई पूरी कर उन्हें जेल भेज दिया है।
बहराइच के बौंडी थाना क्षेत्र के सिपहिया हुलास गांव में एक व्यक्ति ने अपनी पत्नी पर बेटे की गला दबाकर हत्या करने का आरोप लगाया है। पति का दावा है कि पत्नी मायके न जाने देने से नाराज थी, जिसके चलते उसने यह कदम उठाया। पुलिस ने बच्चे के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा है और मामले की जांच कर रही है। सिपहिया हुलास गांव निवासी शान मोहम्मद की शादी छह साल पहले शाहीन से हुई थी। उनका अदनान नाम का एक बेटा था। शान मोहम्मद ने बताया कि सोमवार शाम को शाहीन के मायके वाले उसे लेने आए थे। शान ने पत्नी से दो दिन बाद जाने को कहा, जिससे वह नाराज हो गई। परिजनों ने उसे शांत कराया, जिसके बाद सभी सो गए। देर रात जब शान मोहम्मद की नींद खुली, तो उसने देखा कि उसकी पत्नी बेटे को गोद में लेकर बैठी थी। बच्चा बेसुध था। जब शान बच्चे को लेकर अपनी मां के पास जाने लगा, तभी शाहीन ने घर में फंदा लगाकर आत्महत्या का प्रयास किया। यह देखकर शान मोहम्मद ने तुरंत पत्नी को नीचे उतारा। शान मोहम्मद के अनुसार, मायके न जाने देने से नाराज पत्नी ने पहले बेटे अदनान का गला दबाकर उसकी हत्या कर दी और फिर खुद भी जान देने की कोशिश कर रही थी। बौंडी थाना प्रभारी ने बताया कि एक मासूम बच्चे की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत की सूचना मिली थी। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के सही कारणों का पता चल पाएगा।
कूड़ा जलाने पर रोक होने के बाद बड़ा चौराहा स्थित इंडियन बैंक की शाखा में कूड़े में आग लगाया गया। जिसकी चपेट में आने से कुत्ते के तीन बच्चों की जलकर मौत हो गई। घटना के बाद एक शख्स ने वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर वायरल किया। साथ ही बैंक के अधिकारी पर कुत्ते के बच्चों को जिंदा जलाकर मारने का आरोप लगाया गया, पुलिस ने मामले की जांच पड़ताल शुरू की। इंडियन बैंक की शाखा के परिसर में सोमवार रात को कूड़े के ढेर में आग लगाई गई। जिसकी चपेट में आने से तीन नवजात कुत्तों की मौत हो गई। मंगलवार जब बैंक के कर्मचारी पहुंचे तो उन्हें घटना की जानकारी हुई। जिसके बाद एक कर्मचारी ने पुलिस को घटना की जानकारी दी। साथ ही आरोप लगाया कि बैंक के एक अधिकारी के कहने पर चौकीदार और सुरक्षा गार्ड परिसर में मौजूद कुत्तों को मारते है। उनके कहने पर ही जान-बूझकर आग लगाकर कुत्तों को मारा गया है। कोतवाली थाना प्रभारी जगदीश पांडेय ने बताया कि मामले की जांचकर की जा रही है। आरोप साबित होने पर कार्रवाई की जाएगी।
ढाई कुंतल मिलावटी रसगुल्ले नष्ट:संभल में खाद्य विभाग की कार्रवाई, 127 टीन वनस्पति घी जब्त किया
संभल में होली पर्व से पहले खाद्य सुरक्षा विभाग ने मिलावटखोरी के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। विभाग ने ढाई क्विंटल मिलावटी सफेद रसगुल्ले नष्ट किए और 127 टीन वनस्पति घी जब्त किया। यह कार्रवाई मंगलवार शाम 5 बजे से रात 9 बजे तक जनपद संभल के थाना हज़रतनगर गढ़ी क्षेत्र के गांव मोहम्मदपुर मालिनी और मंगनपुर में की गई। विभागीय टीम में सहायक आयुक्त (खाद्य) मानवेन्द्र सिंह और खाद्य सुरक्षा अधिकारी राजीव कुमार शामिल थे। टीम ने गांव मोहम्मदपुर मालिनी में आसिम पुत्र नोशे ख़ान, इलियास पुत्र नन्हे ख़ान और मंगनपुर स्थित शान-ए-आलम के रसगुल्ला बनाने के गोदाम पर छापा मारा। छापेमारी के दौरान, सफेद रसगुल्ले का भंडारण अस्वच्छ और अस्वस्थकर दशाओं में पाया गया। इसके परिणामस्वरूप, कुल 225 किलोग्राम (लगभग सवा दो क्विंटल) सफेद रसगुल्ले मौके पर ही नष्ट कर दिए गए। जांच के लिए तीन नमूने भी संग्रहित कर प्रयोगशाला भेजे गए हैं, जो प्रथम दृष्टया मिलावटी प्रतीत हो रहे थे। इसके अतिरिक्त, संभल कोतवाली क्षेत्र में 127 टीन वनस्पति घी नियमानुसार जब्त किए गए। यहां से भी तीन नमूने जांच के लिए प्रयोगशाला भेजे गए हैं। संदिग्ध खाद्य सामग्री मिलने के कारण संबंधित फर्म का खाद्य पंजीकरण निलंबित कर दिया गया है और उसे अगले आदेश तक कारोबार बंद करने का निर्देश दिया गया है। जिला खाद्य सुरक्षा अधिकारी मानवेन्द्र सिंह ने बताया कि होली पर्व को देखते हुए जिले में मिलावटखोरी के खिलाफ एक विशेष अभियान चलाया जा रहा है। उन्होंने जनता से अपील की कि वे अत्यधिक रंग-बिरंगे खाद्य पदार्थों को खरीदने से बचें और कहीं भी मिलावट की आशंका होने पर तुरंत खाद्य सुरक्षा विभाग को सूचित करें।
नमो भारत कॉरिडोर और मेरठ मेट्रो के उद्घाटन के बाद पहले पूरे दिन के संचालन में यात्रियों की काफी भीड़ दर्ज की गई। कॉरिडोर पर कुल राइडरशिप 1 लाख से अधिक रही, जो अब तक एक दिन में सबसे ज्यादा है। इससे पहले दैनिक औसत राइडरशिप करीब 60 हजार थी, यानी लगभग 70 प्रतिशत की बढ़ोतरी दर्ज की गई। बेगमपुल बना सबसे व्यस्त स्टेशनमेरठ शहर के केंद्र में स्थित भूमिगत बेगमपुल स्टेशन पर दिनभर सबसे ज्यादा यात्री पहुंचे। आबू लेन मार्केट और बिजनेस डिस्ट्रिक्ट के बीच स्थित यह स्टेशन नमो भारत और मेरठ मेट्रो दोनों सेवाएं देता है, जिससे यह प्रमुख मोबिलिटी हब बन गया है। आनंद विहार और गाजियाबाद भी टॉप सूची मेंआनंद विहार स्टेशन ने दूसरी सबसे ज्यादा राइडरशिप दर्ज की। यह कॉरिडोर का सबसे बड़ा मल्टी-मॉडल ट्रांजिट हब है, जहां रेलवे स्टेशन, दिल्ली मेट्रो की पिंक और ब्लू लाइन, स्वामी विवेकानंद आईएसबीटी और बस स्टैंड की कनेक्टिविटी मिलती है। गाज़ियाबाद स्टेशन पर भी यात्रियों की भारी भीड़ रही। यह स्टेशन दिल्ली और मेरठ के बीच प्रमुख द्वार के रूप में उभरा है तथा दिल्ली मेट्रो की रेड लाइन से जुड़ा है। सराय काले खां, शताब्दी नगर और मोदीपुरम जैसे नव-उद्घाटित स्टेशनों पर भी अच्छी राइडरशिप रही। न्यू अशोक नगर स्टेशन पर भी यात्रियों की संख्या में इजाफा दर्ज किया गया। परिवारों और युवाओं में खास उत्साहदैनिक यात्रियों के अलावा बड़ी संख्या में परिवार और युवा भी नई सेवा का अनुभव लेने पहुंचे। एसी कोच, आरामदायक सीटिंग और हाई-स्पीड कनेक्टिविटी को लोगों ने सराहा। कई यात्रियों ने ग्रुप फोटो खिंचवाए और सोशल मीडिया पर रील्स व सेल्फी साझा कीं। प्रधानमंत्री ने किया था उद्घाटन22 फरवरी को नरेंद्र मोदी ने न्यू अशोक नगर से सराय काले खां तक 5 किमी और मेरठ साउथ से मोदीपुरम तक 21 किमी खंड का उद्घाटन किया। इसके साथ ही 15 स्टेशनों वाला पूरा कॉरिडोर परिचालित हो गया। मेरठ मेट्रो 135 किमी प्रति घंटे की डिजाइन स्पीड और 120 किमी प्रति घंटे की अधिकतम परिचालन गति के साथ देश की सबसे तेज मेट्रो प्रणाली बन गई है। 21 किमी लंबे मेरठ मेट्रो खंड में 12 स्टेशन हैं, जिनमें मेरठ साउथ, शताब्दी नगर, बेगमपुल और मोदीपुरम इंटरचेंज शामिल हैं। पहले ही दिन रिकॉर्ड राइडरशिप ने साबित कर दिया कि एनसीआर में इंटीग्रेटेड और हाई-स्पीड पब्लिक ट्रांसपोर्ट की बड़ी मांग है और लोग इस नई सुविधा को तेजी से अपना रहे हैं।
सुप्रीम कोर्ट ने मंगलवार को NOTA (इनमें से कोई नहीं) विकल्प की उपयोगिता और असर पर सवाल उठाए हैं। कोर्ट ने मंगलवार को सरकार से पूछा कि इसका क्या फायदा है, क्या NOTA के आने से चुने गए नेताओं की क्वालिटी में सुधार हुआ है? कोर्ट ने कहा कि NOTA किसी भी सीट को भर नहीं सकता और इसीलिए इसका प्रभाव सीमित है। यदि किसी सीट पर सिर्फ एक ही उम्मीदवार होता है तो क्या इसके बाद भी इसकी जरूरत है? चीफ जस्टिस सूर्यकांत और जस्टिस जॉयमाल्या बागची की बेंच एक जनहित याचिका पर सुनवाई कर रही थी, जो 1951 के रिप्रेजेंटेशन ऑफ पीपल एक्ट के उस प्रावधान को चुनौती देती है जो निर्विरोध (एकल) प्रत्याशी वाले चुनावों में मतदाताओं को NOTA का विकल्प नहीं देता। याचिका में मांग की गई है कि लोकसभा और विधानसभा चुनावों में ही नहीं, बल्कि अगर चुनाव में सिर्फ एक ही उम्मीदवार खड़ा हो, तब भी NOTA का विकल्प दिया जाए। मामले में अगली सुनवाई 17 मार्च को होगी। जस्टिस बागची ने पूछा- NOTA से कितना असर होता है सुनवाई के दौरान जस्टिस बागची ने कहा- क्या इसके आने के बाद से अच्छे नेता चुनकर आए हैं? एक चिंता की बात यह है कि पढ़े-लिखे और आर्थिक रूप से मजबूत लोग अक्सर कम वोट डालते हैं। वहीं महिलाएं और कम पढ़े-लिखे लोग ज्यादा संख्या में मतदान करते हैं। ऐसी स्थिति में सवाल उठता है कि NOTA का असली असर कितना पड़ता है और क्या यह सच में चुनाव के नतीजों या नेताओं की गुणवत्ता को प्रभावित कर पा रहा है। अटॉर्नी जनरल आर. वेंकटरमणि ने इस याचिका का विरोध किया। उन्होंने कहा कि यह याचिका केवल कल्पना और अंदाजों पर आधारित है, इसके पीछे ठोस वजह नहीं है। वोट डालना एक संवैधानिक अधिकार है और चुनाव से जुड़े नियम कानून के अनुसार तय होते हैं। NOTA के बारे में जानें… इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन यानी EVM के जरिए मतदान के दौरान वोटर्स को NOTA का विकल्प मिलता है जो सभी उम्मीदवारों को अस्वीकार करने की सुविधा देता है। साथ ही उनके वोट की गोपनीयता को बनाए रखता है। तकनीकी रूप से यह चुनाव परिणाम को प्रभावित नहीं करता है। मतलब यह हुआ कि यदि NOTA को किसी भी उम्मीदवार से ज्यादा वोट मिलते हैं तब भी सबसे ज्यादा वोट पाने वाला उम्मीदवार जीत जाता है। लेकिन यह नागरिकों को यह शक्ति देता है कि वे चुनावी प्रक्रिया से दूर रहे बिना अपने असंतोष को जाहिर कर सकें।
छत्तीसगढ़ विधानसभा में साल 2026-27 का बजट पेश हुआ। सदन की कार्यवाही के दौरान तंज, टिप्पणियां और चुटीले वार भी चले, जिसने सदन का माहौल खासा रोचक बना दिया। वित्त मंत्री ओपी चौधरी के सदन में पहुंचने से पहले ही सत्ता और विपक्ष के बीच तंजों की झड़ी लग गई। संसदीय कार्य मंत्री केदार कश्यप ने कहा कि “हमारे युवा मंत्री रजत जयंती वर्ष में छत्तीसगढ़ का बजट पेश कर रहे हैं, इसके लिए बधाई। इस पर नेता प्रतिपक्ष चरण दास महंत ने चुटकी लेते हुए कहा, ‘अभी वित्त मंत्री आए नहीं हैं, उससे पहले राजेश मूणत उन्हें बुलाने के लिए गाना गा रहे थे।’ संसदीय कार्य मंत्री समय काटने के लिए बातें कर रहे हैं। इसके बाद वरिष्ठ विधायक अजय चंद्राकर ने भी टिप्पणी की कि यह नेता प्रतिपक्ष के लिए बोलने का अच्छा अवसर है और ऐसे मौकों पर वे मुखर रहते हैं। बता दें कि वित्त मंत्री ओपी चौधरी तय समय से 3 मिनट देरी से पहुंचे। इस पर पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कहा कि ‘जो समय का प्रबंधन नहीं कर पा रहा है, उसका वित्तीय प्रबंधन क्या होगा, आप समझ सकते हैं।’ वहीं सदन में आलू-चूहा भी चर्चा में आए और बजट सुनते-सुनते कवासी लखमा थक गए। सभापति धर्मजीत सिंह ने ओपी चौधरी के बजट भाषण को रुकवारकर सांसदों का स्वागत करवाया। इस दौरान एक सांसद का नाम छूट गया। इसके अलावा सरायपाली से विधायक चातुरी नंद निर्माणाधीन सोलर प्लांट के विरोध में पोस्टर पहनकर विधानसभा पहुंची। पहले देखिए ये तस्वीरें- पढ़िए सदन के रोचक कमेंट और चर्चा…… टाइम मैनेजमेंट पर तंज बजट पेश होने में देरी पर पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने सदन में कहा कि ‘जो समय का प्रबंधन नहीं कर पा रहा है, उसका वित्तीय प्रबंधन क्या होगा, आप समझ सकते हैं।’ उन्होंने आगे कहा, 'सदन में समय का बहुत महत्व होता है। 12:33 बज गए हैं, वित्त मंत्री समय पर बजट प्रस्तुत नहीं कर पा रहे हैं। वित्त मंत्री दौड़ते-भागते सदन में पहुंच रहे हैं। इस पर कृषि मंत्री रामविचार नेताम ने पलटवार करते हुए कहा, ‘ऐसा प्रबंधन होगा कि आपके यहां से भागना मुश्किल हो जाएगा। इसी बीच विधायक रामकुमार यादव का तंज गूंजा पहले ज्ञान, फिर गति, फिर दुर्गति।’ बजट भाषण के बीच स्वागत, एक सांसद का नाम छूटा विधानसभा में बजट भाषण के दौरान उस वक्त हल्का असहज पल बन गया, जब वित्त मंत्री ओपी चौधरी अपने भाषण के बीच थे और सभापति धर्मजीत सिंह ने उन्हें रुकने का इशारा किया। सभापति ने सदन में मौजूद सांसदों का स्वागत कराने की घोषणा की। रायपुर सांसद बृजमोहन अग्रवाल और महासमुंद सांसद रूपकुमारी चौधरी का नाम लेकर अभिनंदन किया गया। हालांकि, इसी दौरान दुर्ग सांसद विजय बघेल भी सदन में मौजूद थे, लेकिन उनका नाम स्वागत के लिए पुकारा नहीं जा सका। सदन में बैठे कुछ सदस्यों ने इशारों में इस ओर ध्यान दिलाने की कोशिश भी की, मगर औपचारिकता पूरी होते ही वित्त मंत्री ने बिना कोई टिप्पणी किए फिर से अपना बजट भाषण शुरू कर दिया। आलू प्रोत्साहन योजना में ‘चूहे’ की एंट्री वित्त मंत्री चौधरी राज्य के उत्तरी पठारी क्षेत्र मैनपाट, शंकरगढ़, कुसमी और बगीचा में आलू उत्पादन बढ़ाने के लिए ‘आलू प्रदर्शन प्रोत्साहन योजना’ का जिक्र कर रहे थे, तभी सदन में हल्की मुस्कान फैल गई। इसी बीच चन्द्रपुर विधायक रामकुमार यादव ने कमेंट करते हुए कहा कि चूहों को खोजने के लिए कुछ किया गया क्या? इस पर वरिष्ठ भाजपा विधायक अजय चंद्राकर ने जवाब दिया अब आलू से सोना बनाना। और हंसी के महौल के बीच बजट भाषण जारी रहा। भाषण के दौरान भी टोकाटाकी जब वित्त मंत्री ओपी चौधरी बजट भाषण पढ़ रहे थे, तब भूपेश बघेल ने कहा आप सारी चीज बता रहे हैं तो जिला भी बता दीजिए, गांव भी बता दीजिए। मंत्री के पास फिर कोई काम नहीं रहेगा। करीब एक घंटे तक भाषण जारी रहने पर उन्होंने फिर चुटकी ली। एक घंटा हो गया है, पूर्व वित्त मंत्री बहिष्कार करके सदन से चले गए, और कितना देर लगेगी? टोकाटाकी के बीच सभापति का हस्तक्षेप वित्त मंत्री प्रधानमंत्री आवास योजना की घोषणाएं पढ़ रहे थे उस समय पूर्व मंत्री अनिला भेड़िया ने कहा कि अब तक कोई किस्त नहीं आई है। तभी रामकुमार यादव ने आरोप लगाया कि रेत फ्री में देने की बात कही गई थी, लेकिन उससे भी रॉयल्टी ली जा रही है। लगातार टोकाटाकी के बीच सभापति को हस्तक्षेप करना पड़ा। उन्होंने कहा कि वित्त मंत्री के भाषण में व्यवधान डालना उचित नहीं है। अभी इस पर चर्चा होगी। एक-दो बड़े नेता बोलें तो ठीक है। बजट सुनते-सुनते थक गए -कवासी लखमा पूर्व मंत्री कवासी लखमा ने भी सदन में वित्त मंत्री की चुटकी लेते हुए कहा वित्त मंत्री अपने बजट में कुछ नहीं छोड़ रहे हैं, सारी चीज पढ़ रहे हैं। हम बजट सुनते-सुनते थक गए हैं। और सब सदन में हंसने लगे। पोस्टर पहनकर विधानसभा पहुंची विधायक विधानसभा बजट सत्र के दौरान सरायपाली से विधायक चातुरी डिग्रीलाल नंद अलग अंदाज में सदन पहुंचीं। वे निर्माणाधीन सोलर प्लांट के विरोध में पोस्टर पहनकर विधानसभा आईं थी। उन्होंने कहा कि ग्राम जंगलबेड़ा के ग्रामीण पिछले 15 दिनों से सोलर प्लांट का विरोध कर रहे हैं। जल, जंगल और जमीन बचाने की लड़ाई में ग्रामीणों के साथ हर कदम पर हूं। तंज, ठहाके और तल्खी पूरे दिन बजट से ज्यादा चर्चा टिप्पणियों और तंजों की रही। भाजपा और कांग्रेस के बीच आरोप-प्रत्यारोप और कटाक्ष चलते रहे। हालांकि, सभापति के हस्तक्षेप के बाद बजट भाषण पूरा हुआ। अब इस बजट पर विस्तृत चर्चा और विपक्ष के सवालों के साथ सदन में तीखी बहस होने की संभावना है। ……………………….. इससे जुड़ी ये खबर भी पढ़ें… 1 लाख 72 हजार करोड़ का बजट: 23 नए उद्योग खुलेंगे, बच्चियों को डेढ़ लाख, वन-संरक्षण के लिए 930 करोड़, कर्मचारियों का कैशलेस इलाज होगा विधानसभा में वित्त मंत्री ओपी चौधरी ने वित्तीय वर्ष 2026-27 का 1 लाख 72 हजार करोड़ रुपए का बजट पेश कर ‘संकल्प’ थीम के साथ विकास का रोडमैप रखा। बजट में किसानों को ब्याज मुक्त कर्ज देने की घोषणा की गई, वहीं 18 वर्ष पूरे होने पर बालिकाओं को डेढ़ लाख रुपए दिए जाएंगे। प्रदेश में 23 नए उद्योग खुलेंगे और पांच शहरों के एयरपोर्ट पर शोरूम बनाए जाएंगे। पढ़ें पूरी खबर
जिलाधिकारी वीके सिंह ने विकास भवन सभागार में निर्माणाधीन परियोजनाओं, सीएम डैशबोर्ड और विभिन्न जन कल्याणकारी योजनाओं की प्रगति की विस्तृत समीक्षा की। इस दौरान फैमिली आईडी और अन्य योजनाओं के क्रियान्वयन में उदासीनता एवं लापरवाही बरतने पर हस्तिनापुर व परीक्षितगढ़ के खंड विकास अधिकारियों (BDO) को प्रतिकूल प्रविष्टि देने के निर्देश दिए गए। जिलाधिकारी ने सभी कार्यदायी संस्थाओं को निर्देशित किया कि जनपद में संचालित विकास परियोजनाओं को समयबद्धता, गुणवत्ता और निर्धारित मानकों के अनुरूप पूरा किया जाए। उन्होंने स्पष्ट किया कि किसी भी स्तर पर लापरवाही या शिथिलता बर्दाश्त नहीं की जाएगी, क्योंकि शासन की मंशा है कि सभी विकास परियोजनाएं तय समयसीमा में उच्च गुणवत्ता के साथ पूर्ण हों। जल जीवन मिशन के अंतर्गत संचालित कार्यों की समीक्षा करते हुए जिलाधिकारी ने पेयजल आपूर्ति सुचारू एवं निर्बाध रूप से सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने रोड कटिंग के उपरांत मार्गों की मरम्मत मानकानुसार कराने और यदि किसी ठेकेदार द्वारा कार्य में अनियमितता पाई जाती है तो उसके विरुद्ध कठोर कार्रवाई करने को कहा। मुख्य विकास अधिकारी को जल आपूर्ति की नियमित निगरानी और समीक्षा करने तथा स्थानीय नागरिकों से फीडबैक लेकर सुधारात्मक कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। हस्तिनापुर पर्यटन के समेकित विकास कार्यों की धीमी प्रगति पर जिलाधिकारी ने नाराजगी व्यक्त की। उन्होंने संबंधित कार्यदायी संस्था को चेतावनी देते हुए कार्यों को निर्धारित मानकों एवं गुणवत्ता के साथ शीघ्र पूर्ण करने के निर्देश दिए, अन्यथा कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। पर्यटन विभाग को शहीद स्मारक की बाउंड्री वॉल निर्माण हेतु डीपीआर तैयार कर शासन को प्रेषित करने का निर्देश दिया गया। नगर क्षेत्र में सीएम ग्रिड के अंतर्गत हो रहे विकास कार्यों की धीमी प्रगति पर भी असंतोष व्यक्त किया गया तथा नगर आयुक्त को नियमित समीक्षा करने के निर्देश दिए गए। जिलाधिकारी ने कहा कि निर्माण कार्यों में यदि किसी भी स्तर पर अंतर-विभागीय समस्या उत्पन्न हो तो आपसी समन्वय स्थापित कर मुख्य विकास अधिकारी के साथ बैठक कर उसका त्वरित समाधान किया जाए। सीएम डैशबोर्ड की बिंदुवार समीक्षा करते हुए जिलाधिकारी ने निर्देशित किया कि सरकार की जन कल्याणकारी योजनाओं का लाभ लक्षित व्यक्तियों तक अवश्य पहुंचे।
गोरखपुर में बुधवार को बिजली शटडाउन:सुबह 11 बजे से शाम 4 बजे तक रहेगी कटौती
गोरखपुर में यूटिलिटी शिफ्टिंग कार्य के कारण बुधवार को कई क्षेत्रों में बिजली आपूर्ति बाधित रहेगी। विद्युत विभाग ने बताया कि यह शटडाउन सुबह 11 बजे से शाम 4 बजे तक रहेगा। उपभोक्ताओं को इस दौरान बिजली नहीं मिलेगी। विभाग द्वारा जारी सूचना के अनुसार, 11KV रामजानकीनगर एवं फेज-4 फीडर (राप्तीनगर उपकेंद्र), 11KV रामगढ़ फीडर (खोराबार उपकेंद्र) और 11KV लालपुर फीडर (लोहिया उपकेंद्र) से जुड़े इलाकों में बिजली नहीं रहेगी। इन फीडरों से संबंधित सभी मोहल्ले और आसपास के क्षेत्र प्रभावित होंगे। यह बिजली कटौती सुबह 11:00 बजे से शाम 04:00 बजे तक निर्धारित की गई है। विद्युत विभाग ने आश्वस्त किया है कि कार्य पूरा होते ही बिजली आपूर्ति तत्काल बहाल कर दी जाएगी। विभाग ने उपभोक्ताओं से अपील की है कि वे असुविधा से बचने के लिए अपने जरूरी कार्य पहले ही निपटा लें। साथ ही, शटडाउन अवधि के दौरान विद्युत उपकरणों का सावधानीपूर्वक उपयोग करने और सुरक्षा मानकों का पालन करने का भी आग्रह किया गया है।
सोनीपत के रेलवे लाइन क्षेत्र में एक अज्ञात युवक का शव पेड़ से लटका हुआ मिला। शाम के समय राहगीरों की नजर जब पेड़ से लटक रहे युवक पर पड़ी तो तुरंत इसकी सूचना रेलवे अधिकारियों को दी गई। सूचना मिलते ही स्टेशन मास्टर ने जीआरपी पुलिस को मामले से अवगत कराया। घटना की खबर फैलते ही आसपास के लोगों की भीड़ मौके पर जमा हो गई। फिलहाल मृतक की पहचान नहीं हो पाई है, लेकिन उसके हाथ पर बना त्रिशूल और भगवान शिव का टैटू पहचान का महत्वपूर्ण सुराग माना जा रहा है। पुलिस पूरे मामले की गंभीरता से जांच में जुटी है। स्टेशन मास्टर की सूचना पर पहुंची जीआरपी पुलिसजांच अधिकारी अजय कुमार ने बताया कि स्टेशन मास्टर की ओर से सूचना मिली थी कि रेलवे लाइन के पास एक व्यक्ति पेड़ से लटका हुआ दिखाई दे रहा है। सूचना मिलते ही जीआरपी पुलिस टीम तुरंत मौके पर पहुंची। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए फॉरेंसिक टीम को भी बुलाया गया। फॉरेंसिक टीम ने उतारा शव, नहीं मिला सुसाइड नोटफॉरेंसिक विशेषज्ञों की मौजूदगी में शव को सुरक्षित तरीके से नीचे उतारा गया और घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण किया गया। पुलिस को मौके से कोई सुसाइड नोट या संदिग्ध वस्तु बरामद नहीं हुई है। प्रारंभिक जांच में मामला आत्महत्या का प्रतीत हो रहा है, हालांकि पुलिस हर पहलू से जांच कर रही है। हाथ पर त्रिशूल-शिव टैटू पहचान का बड़ा सुरागमृतक के हाथ पर त्रिशूल और भगवान शिव का टैटू बना हुआ है। पुलिस का मानना है कि यह टैटू पहचान स्थापित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है। फिलहाल मृतक की उम्र लगभग 30 से 35 वर्ष के बीच आंकी जा रही है। पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंपा जाएगाशव को पोस्टमार्टम के लिए सामान्य अस्पताल भेज दिया गया है। जांच अधिकारी अजय कुमार ने बताया कि मृतक की शिनाख्त के प्रयास किए जा रहे हैं। पहचान होते ही शव परिजनों को सौंप दिया जाएगा। अभी तक किसी भी व्यक्ति ने गुमशुदगी की रिपोर्ट के आधार पर पहचान नहीं की है। जीआरपी की अपील: लापता परिजन हों तो करें संपर्कजीआरपी थाना प्रभारी ने आमजन से अपील की है कि यदि किसी का परिजन लापता है या हाथ पर त्रिशूल-शिव टैटू वाला कोई व्यक्ति गुमशुदा है, तो तुरंत सोनीपत जीआरपी थाना में संपर्क करें, ताकि मृतक की पहचान कर उसके परिजनों को सूचित किया जा सके।पुलिस मामले की जांच में जुटी हुई है और आसपास के क्षेत्रों में भी जानकारी जुटाई जा रही है।
चित्रकूट जनपद के मानिकपुर कस्बे के जवाहर नगर मोहल्ले में मंगलवार सुबह एक विवाहिता ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर शव को कब्जे में लिया और पोस्टमार्टम के लिए भेजा। जवाहर नगर निवासी 30 वर्षीय अनीता, पत्नी बलराम, ने मंगलवार सुबह करीब 8 बजे अपने घर के कमरे में पंखे से साड़ी का फंदा लगाकर आत्महत्या की। परिजनों ने उसे तत्काल सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र मानिकपुर पहुंचाया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। घटना के समय अनीता के पति बलराम मध्य प्रदेश के सतना रेलवे स्टेशन पर वेंडर का काम कर रहे थे। सूचना मिलने पर वे सतना से मानिकपुर के लिए रवाना हो गए। मृतका के तीन बच्चे हैं-शिवम (9), वर्षा (7) और शिवांश (3)। अनीता मूल रूप से मध्य प्रदेश के रीवा जिले की निवासी थीं। विवाह के बाद वह मानिकपुर में रह रही थीं। आत्महत्या के कारणों का अभी तक स्पष्ट खुलासा नहीं हो सका है। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए जिला चीरघर भेज दिया है और मामले की जांच शुरू कर दी है। अधिकारियों ने बताया कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट और परिजनों के बयान के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
बालाघाट जिले के लालबर्रा में 24 फरवरी को नसबंदी शिविर में भारी अव्यवस्था देखने को मिली। स्वास्थ्य विभाग की तैयारी पूरी न होने के कारण शिविर को रद्द करना पड़ा, जिससे दूर-दराज से आए दर्जनों महिला-पुरुष बिना ऑपरेशन कराए ही लौट गए। मंगलवार को यह शिविर छात्रावास भवन में चल रहे अस्थाई अस्पताल में लगाया गया था। सुबह से ही लोग ऑपरेशन के लिए लाइन में लगे थे, लेकिन दोपहर करीब 3-4 बजे मंडला से आए सर्जन डॉ. गौरव जेटली ने हाथ खड़े कर दिए। उन्होंने बताया कि अस्पताल में ऑपरेशन के लिए जरूरी बुनियादी सुविधाएं और सामान मौजूद नहीं था। ऐसे में ऑपरेशन करना मरीज की जान के लिए जोखिम भरा हो सकता था। लोगों में नाराजगी और विभाग पर सवाल शिविर रद्द होने पर लोगों का गुस्सा फूट पड़ा। अपनी पत्नी का ऑपरेशन कराने पहुंचे सागर और कांग्रेस नेता मनीष कुशवाहा ने विभाग की लापरवाही पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि जब अस्पताल में सुविधाएं ही नहीं थीं, तो गरीबों को परेशान करने के लिए शिविर का प्रचार क्यों किया गया? बीएमओ का आश्वासन इस मामले पर बीएमओ डॉ. रीतु धुर्वे ने कहा कि लोगों को परेशान होने की जरूरत नहीं है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि या तो इसी भवन में व्यवस्था सुधार कर दोबारा शिविर लगाया जाएगा, या फिर स्वास्थ्य विभाग खुद की गाड़ियों से लोगों को बालाघाट ले जाकर वहां ऑपरेशन करवाएगा।
उज्जैन में ग्रामीण डाक सेवक सम्मेलन के मंच से मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव और केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने डाक विभाग की बदलती भूमिका को रेखांकित किया। इस दौरान देश-विदेश में श्रद्धालुओं की मांग पर अब महाकालेश्वर और ओंकारेश्वर का लड्डू प्रसाद स्पीड पोस्ट से भेजे जाने की घोषणा की गई। यह सम्मेलन मंगलवार शाम को क्षिप्रा तट स्थित कार्तिक मेला ग्राउंड पर आयोजित किया था। इसमें हजारों ग्रामीण डाक सेवक मौजूद थे। जहां केंद्रीय संचार मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया और मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने डाक विभाग की भूमिका को “देश की जीवनरेखा” बताया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने मंच से घोषणा की कि श्रद्धालुओं की मांग को देखते हुए अब महाकालेश्वर मंदिर और ओंकारेश्वर मंदिर का लड्डू प्रसाद डाक विभाग द्वारा पैक कर स्पीड पोस्ट से देशभर में भेजा जाएगा। उन्होंने इस पहल को सिर्फ सेवा नहीं, बल्कि एक पुण्य कार्य बताया। यह व्यवस्था समय के साथ आधुनिक होती गई सीएम यादव ने डाक विभाग की ऐतिहासिक पृष्ठभूमि का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि 1854 से शुरू हुई यह व्यवस्था समय के साथ आधुनिक होती गई है और आज डीबीटी, बैंकिंग, बीमा, आधार जैसी योजनाओं के जरिए डाक विभाग आम नागरिक तक सरकार की योजनाएं पहुंचा रहा है। केंद्रीय मंत्री सिंधिया ने बताया कि देश में 1.65 लाख से अधिक डाकघरों का नेटवर्क है, जो विश्व में अद्वितीय है। उन्होंने 2030 तक डाक विभाग को ‘प्रॉफिट सेंटर’ में बदलने का लक्ष्य घोषित किया। पोस्ट कार्ड को उज्जैन की यादों के साथ भेजा जा सकेगा मुख्यमंत्री डॉ. यादव और केंद्रीय संचार मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने उज्जैन के दर्शनीय स्थलों के चित्र वाले पोस्ट कार्ड का भी लोकार्पण किया। डाक विभाग द्वारा 20 रुपए कीमत के इन पोस्ट कार्ड को उज्जैन की यादों के साथ भेजा जा सकेगा। मीडिया से बात करते हुए सिंधिया ने कांग्रेस पर भी निशाना साधा। उन्होंने कहा कि एआई इम्पैक्ट समिट भारत का आयोजन था, न कि किसी राजनीतिक दल का। उन्होंने आरोप लगाया कि कार्यक्रम के दौरान अशोभनीय व्यवहार से देश की छवि को ठेस पहुंचाने का प्रयास किया गया, जिसकी निंदा अन्य दलों ने भी की।
नीमच में भादवामाता क्षेत्र की एक बुजुर्ग महिला कमली बाई भील ने कांग्रेस नेता मधु बंसल पर जमीन हड़पने और धोखाधड़ी के आरोप लगाए हैं। पीड़िता ने कलेक्ट्रेट पहुंचकर न्याय की गुहार लगाई है। महिला का कहना है कि नेता ने फर्जी तरीके से जमीन की रजिस्ट्री करवाई और बैंक खाते से पैसे भी निकाल लिए। बुजुर्ग महिला का आरोप है कि मधु बंसल और उनके पति ने 25 लाख रुपए में जमीन का सौदा किया था, लेकिन रजिस्ट्री के वक्त उन्हें एक रुपया भी नहीं मिला। महिला ने बताया कि उनके नाम पर शहर के एक बैंक में खाता खुलवाया गया था, जिसकी पासबुक मधु बंसल के पास ही थी। आरोप है कि खाते में आए पैसे निकाल लिए गए और अब उसमें सिर्फ 11 हजार रुपए बचे हैं। इसके अलावा, आधार कार्ड से मोबाइल नंबर लिंक करवाकर वृद्धावस्था पेंशन हड़पने का भी आरोप लगाया गया है। राजनीतिक रसूख और सुनवाई न होने की शिकायत कमली बाई का कहना है कि वह पिछले तीन महीनों से दफ्तरों के चक्कर काट रही हैं, लेकिन मधु बंसल के राजनीतिक रसूख की वजह से उनकी कहीं सुनवाई नहीं हो रही। उन्होंने मांग की है कि जमीन की रजिस्ट्री रद्द की जाए और धोखाधड़ी का केस दर्ज हो। मधु बंसल ने आरोपों को बताया ब्लैकमेलिंग दूसरी तरफ, कांग्रेस नेता मधु बंसल ने इन आरोपों को पूरी तरह गलत बताया है। उनका कहना है कि उन्होंने कलेक्टर की अनुमति और कानूनी प्रक्रिया के तहत ही जमीन खरीदी थी। उनके पास लेनदेन के सबूत और गवाहों के दस्तखत भी हैं। मधु बंसल का आरोप है कि उन्होंने वह जमीन आगे बेच दी है, इसलिए अब लालच में आकर उन्हें बदनाम और ब्लैकमेल करने की कोशिश की जा रही है।
2 साल की बच्ची 4 घंटे में बरामद:कानपुर से ट्रेन में ले जाई गई, टूंडला में जीआरपी-आरपीएफ ने बचाया
कानपुर सेंट्रल स्टेशन से लापता हुई दो वर्षीय बच्ची सीता को फिरोजाबाद रेलवे पुलिस ने चार घंटे के भीतर सकुशल बरामद कर लिया है। जीआरपी और आरपीएफ के संयुक्त अभियान में बच्ची को टूंडला में एक ट्रेन से बरामद किया गया और उसे ले जा रहे संदिग्ध व्यक्ति को भी पकड़ा गया। यह घटना 23 फरवरी 2026 की रात की है। चंदा पांडे, पत्नी राकेश पांडे, निवासी रनिया, थाना गजनेर, कानपुर सेंट्रल स्टेशन के फुट ओवर ब्रिज पर अपने दो बच्चों के साथ थीं। इसी दौरान उनकी दो वर्षीय बेटी सीता लापता हो गई। चंदा पांडे ने रात 9:20 बजे जीआरपी कानपुर सेंट्रल को इसकी सूचना दी। सूचना मिलते ही जीआरपी कानपुर सेंट्रल ने स्टेशन के सीसीटीवी फुटेज खंगाले। फुटेज में रात 7:55 बजे एक व्यक्ति बच्ची को अपने साथ ले जाता दिखा। वह फुट ओवर ब्रिज से प्लेटफॉर्म नंबर 4/5 पर पहुंचा और ट्रेन संख्या 04053 के जनरल कोच में बच्ची के साथ सवार हो गया। ट्रेन के रवाना होते ही मामले की गंभीरता बढ़ गई। घटना की जानकारी तुरंत जीआरपी, आरपीएफ और अन्य संबंधित इकाइयों को दी गई। जीआरपी थाना टूंडला के थानाध्यक्ष मोनू कुमार आर्य ने अपनी टीम को अलर्ट किया और ट्रेन के प्लेटफॉर्म पर पहुंचने से पहले ही घेराबंदी की रणनीति बनाई। ट्रेन के टूंडला पहुंचते ही सभी कोचों की सघन तलाशी ली गई। संदिग्ध व्यक्ति की पहचान उसकी फोटो के आधार पर की गई और बच्ची को सुरक्षित बरामद कर लिया गया। यह पूरी कार्रवाई लगभग चार घंटे में संपन्न हुई। मंगलवार को जीआरपी ने घटना का खुलासा किया। बरामद बच्ची पूरी तरह सुरक्षित है और उसे उसके परिजनों को सौंप दिया गया है। मामले में आवश्यक कानूनी कार्रवाई की जा रही है। इस सफल अभियान में जीआरपी कानपुर, आरपीएफ, जीआरपी टूंडला और सीआईबी आरपीएफ अलीगढ़ के उत्कृष्ट समन्वय और तत्परता की महत्वपूर्ण भूमिका रही। रेलवे पुलिस की इस कार्रवाई की व्यापक सराहना हो रही है।
आईपीएल टीम लखनऊ सुपर जायंट्स ने मंगलवार को अपने नए लोगो को जारी किया है। यह लोगो अब अब टीम की जर्सियों, मर्चेंडाइज़, डिजिटल प्लेटफॉर्म्स और सभी आधिकारिक ब्रांडिंग पर दिखाई देगा, जो एकता, महत्वाकांक्षा और अपनत्व पर आधारित एक नए अध्याय की शुरुआत का प्रतीक है। टीम मैनेजमेंट का कहना है कि यह केवल एक नया डिज़ाइन और एक नया रूप नहीं है। यह एक ऐसा प्रतीक है जो इस शहर, इस प्रदेश और उन सभी प्रशंसकों की भावना को अपने साथ लेकर चलता है, जिन्होंने शुरुआत से ही टीम का साथ दिया है। यह नया प्रतीक तीन शक्तिशाली चिन्हों—गरुड़, मुकुट और हाथी को एक साथ प्रस्तुत करता है, जिनमें से प्रत्येक लखनऊ और उत्तर प्रदेश की आत्मा से गहराई से जुड़ी एक कहानी कहता है। मैनेजमेंट बोला गरुड़ साहस का प्रतीक मैनेजमेंट ने कहा कि गरुड़ साहस का प्रतीक है। ऊँचा उठने का साहस, चुनौतियों का सामना करने का साहस और कभी पीछे न हटने का संकल्प। यह उस निडर क्रिकेट को दर्शाता है जिसे सुपर जायंट्स खेलने का प्रयास करते हैं और इस विश्वास को दर्शाता है कि जब हम साथ उठते हैं तो कोई भी सपना बड़ा नहीं होता। मुकुट गर्व और जिम्मेदारी का प्रतीक है। जब भी टीम मैदान पर उतरती है, वह लाखों लोगों की उम्मीदों को अपने साथ लेकर चलती है। मुकुट इस बात की याद दिलाता है कि इस जर्सी को पहनना सम्मान की बात है और यह सम्मान हर दिन अर्जित करना होता है। लोगो के केंद्र में हाथी खड़ा है। हाथी शक्ति, बुद्धिमत्ता, धैर्य और एकता का प्रतीक है। यह प्रशंसकों के अटूट समर्थन को दर्शाता है—ऐसी निष्ठा जो एक परिणाम से नहीं डगमगाती, बल्कि हर सीजन में मजबूती से साथ खड़ी रहती है। टीम को दिल में दी जगह लखनऊ सुपर जायंट्स के मालिक एवं आरपीएसजी ग्रुप के वाइस चेयरमैन शास्वत गोयनका ने कहा यह नया लोगो हमारे लिए बेहद भावनात्मक है। लखनऊ और उत्तर प्रदेश के लोगों ने पहले दिन से ही सुपर जायंट्स को अपने दिलों में जगह दी। यह प्रतीक उसी प्रेम और विश्वास को समर्पित है। गरुड़ हमारे ऊँचा उठने के सपनों को दर्शाता है। मुकुट उस गर्व को दर्शाता है जो आप हर बार हमें मैदान पर उतरते हुए देते हैं। और हाथी उस शक्ति और निष्ठा का प्रतीक है जो इस क्षेत्र की पहचान है।
होली, रमजान और ईद के त्योहारों को शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के लिए बरेली प्रशासन ने कमर कस ली है। जीआईसी ऑडिटोरियम में आयोजित बैठक में जिलाधिकारी (डीएम) अविनाश सिंह और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) अनुराग आर्य ने जिले के सभी आला अधिकारियों की मौजूदगी में सुरक्षा व्यवस्था का खाका खींचा। बैठक का संचालन अपर जिलाधिकारी नगर सौरभ दुबे ने किया, जिन्होंने विभिन्न थाना क्षेत्रों से आए लोगों की समस्याओं को सुना और उनके निस्तारण के निर्देश दिए। होलिका सुरक्षा समितियों का होगा गठन, उपद्रवियों पर होगी कार्रवाईएसएसपी अनुराग आर्य ने निर्देश दिए कि हर स्थान पर 'होलिका सुरक्षा समिति' बनाई जाए, जिसमें स्थानीय लोग शामिल हों। ये समितियां उन लोगों पर नजर रखेंगी जो समय से पहले होलिका दहन कर माहौल बिगाड़ने का प्रयास करते हैं। उन्होंने साफ किया कि प्रधानी के इलेक्शन के कारण इस बार की होली अधिक संवेदनशील है, इसलिए 'ए प्लस' श्रेणी वाली होलिका स्थलों पर अनिवार्य रूप से सीसीटीवी कैमरे लगाए जाएंगे। प्रशासनिक अमले की भारी मौजूदगी में बनी रणनीतिइस महत्वपूर्ण बैठक में बरेली का पूरा प्रशासनिक अमला मौजूद रहा। बैठक में नगर आयुक्त संजीव कुमार मौर्य, अपर जिलाधिकारी प्रशासन पूर्णिमा सिंह, अपर जिलाधिकारी (वि/रा) संतोष कुमार सिंह और पुलिस अधीक्षक नगर मानुष पारीक ने सहभागिता की। इनके अलावा पुलिस अधीक्षक नॉर्थ मुकेश चंद्र मिश्रा, साउथ अंशिका वर्मा, क्राइम और यातायात सहित जिले के समस्त उपजिलाधिकारी (एसडीएम) और पुलिस क्षेत्राधिकारी (सीओ) भी उपस्थित रहे, जिन्हें अपने-अपने क्षेत्रों में मुस्तैद रहने को कहा गया है। गोपनीय सर्वे से चिन्हित हुए अपराधी, अवैध शराब पर रहेगी नजरजिलाधिकारी अविनाश सिंह ने बताया कि एक गोपनीय सर्वे के जरिए उन लोगों को चिन्हित किया गया है, जिन पर 5 या उससे ज्यादा गंभीर धाराओं में मुकदमे दर्ज हैं। ऐसे लोगों पर पुलिस की विशेष नजर रहेगी। उन्होंने भोजीपुरा और मीरगंज में दुखद घटनाओं का जिक्र करते हुए माता-पिता से बच्चों का ध्यान रखने की अपील की। साथ ही, एसएसपी ने कहा कि अवैध शराब की जानकारी देने वालों की पहचान गुप्त रखी जाएगी और सोशल मीडिया पर गलत पोस्ट करने वालों से सख्ती से निपटा जाएगा।
नाथद्वारा के श्रीनाथजी की हवेली में बिजनेसमैन मुकेश और अनिल अंबानी की मां कोकिलाबेन ने 92वां जन्मदिन मनाया। इस मौके पर पूरा अंबानी परिवार मौजूद रहा। सभी ने श्रीनाथजी के दर्शन किए और युवाचार्य गोस्वामी विशाल बावा से आशीर्वाद लिया। अंबानी परिवार मंगलवार शाम 4 बजे मंदिर में पहुंचा, सभी लोग संध्या आरती में शामिल हुए। श्रीनाथ जी के दर्शन के बाद युवाचार्य विशाल बावा ने परिवार के सदस्यों को फेंटा बांधकर, रजाई एवं ऊपरना ओढ़ाकर प्रसाद और आशीर्वाद दिया। परिवार ने युवाचार्य गोस्वामी विशाल बावा के पिता तिलकायत गोस्वामी इंद्रदमन महाराज और मा राजेश्वरी गोस्वामी से वीडियो कॉल पर आशीर्वाद प्राप्त किया। तिलकायत ने कोकिला बेन अंबानी को जन्मदिन की शुभकामनाएं दी। अंबानी परिवार ढाई घंटे तक मंदिर में रहा। दोनों भाई समेत पूरा परिवार मौजूद रहाकोकिला बेन के जन्मदिन पर मुकेश अंबानी, अनिल अंबानी, आकाश अंबानी, अनंत अंबानी, श्लोका मेहता अंबानी, राधिका अंबानी, अंशुल अंबानी, अनमोल अंबानी, नीना कोठारी, दीप्ती सालगांवकर सहित परिवारजन मौजूद रहे। उनके साथ उद्योगपति धनराज नाथवानी भी मौजूद रहे। बता दें कि कोकिला बेन अंबानी मंदिर मंडल नाथद्वारा की उपाध्यक्ष भी हैं। मोती महल चौक में हुई भजन संध्याइस अवसर पर महाप्रभुजी की बैठक में 51 वेदपाठी ब्राह्मणों द्वारा स्वस्ति वाचन और मंगलाचरण के पाठ किए गए। मोती महल चौक में भजन संध्या का आयोजन कर जन्मदिन की शुभकामनाएं दी गईं। नाथद्वारा आने से पूर्व अंबानी परिवार ने मेवाड़ के प्रमुख आराध्य देव एकलिंगनाथ मंदिर मे भी दर्शन किए। कोकिलाबेन को माना जाता है अंबानी परिवार का मुखिया24 फरवरी 1934 को जामनगर, गुजरात में जन्मी कोकिलाबेन को अंबानी परिवार की मुखिया माना जाता है। उन्हें न केवल रिलायंस इंडस्ट्रीज के संस्थापक स्वर्गीय धीरूभाई अंबानी की पत्नी के रूप में, बल्कि इस तेजी से बदलते दौर में परिवार का मार्गदर्शन और समर्थन करने में उनकी भूमिका के लिए भी सम्मान दिया जाता है। कोकिलाबेन परिवार को एकजुट रखने में भी अहम भूमिका निभाती हैं। कोकिलाबेन बड़े पैमाने पर समाज सेवा के कार्यों में भी शामिल हैं। मुंबई स्थित कोकिलाबेन धीरूभाई अंबानी मल्टीस्पेशलिटी अस्पताल का नाम उनके नाम पर ही रखा गया है।
दौसा से कांग्रेस विधायक दीनदयाल बैरवा से बदतमीजी करने वाले तहसीलदार गजानंद मीणा ने माफी मांग ली है। गजानंद मीणा ने विधानसभा स्पीकर वासुदेव देवनानी को माफीनामा भेजकर MLA से किए गए व्यवहार पर खेद जताया है। दौसा में अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई के दौरान तहसीलदार और विधायक के बीच 2 फरवरी को बहस हुई थी। स्पीकर ने मंगलवार को सदन में दौसा तहसीलदार का माफीनामा पढ़कर सुनाया। स्पीकर देवनानी ने सदन में कहा- मेरे पास दौसा विधायक का मामला आया। विधायक का कहना है कि उनका अपमान हुआ। कई विपक्ष के विधायक मेरे पास आए। मैंने उनकी बात का संज्ञान लेते हुए वहां के कलेक्टर को फोन किया। कलेक्टर को फोन करके अगले दिन मैंने तहसीलदार को बुलाया। उसके साथ पूरे मुद्दे पर चर्चा की। वहीं उसकी बात को सुना। फिर कलेक्टर से भी मामले की जानकारी ली। तहसीलदार के माफीनामे के बाद मामले को यहीं खत्म मान लिया गया है। स्पीकर बोले- तहसीलदार का व्यवहार सही नहीं था स्पीकर वासुदेव देवनानी ने कहा- मैंने पाया कि तहसीलदार का जो व्यवहार था, वह जनप्रतिनिधि की गरिमा के अनुकूल नहीं था। मैंने तत्काल कलेक्टर को घटना के संबंध में एक्शन लेने के लिए कहा था। इसके बाद दौसा तहसीलदार ने खेद प्रकट किया है। तहसीलदार ने माफीनामे में लिखा- गरिमापूर्ण नहीं था मेरा व्यवहार तहसीलदार गजानंद मीणा ने माफीनामे में लिखा है- 2 फरवरी को मैंने दौसा विधायक दीनदयाल बैरवा के साथ जैसा व्यवहार किया था, वह गरिमापूर्ण नहीं था। मुझे इस प्रकार का व्यवहार नहीं करना चाहिए था। मैं इसके लिए खेद प्रकट करता हूं और भविष्य में इस तरह के व्यवहार के पुनरावृत्ति नहीं होगी। कांग्रेस ने दिया था विशेषाधिकार हनन का नोटिसविधायक दीनदयाल बैरवा के मामले में कांग्रेस ने विशेषाधिकार हनन का नोटिस दिया था। इससे पहले विधायक दीनदयाल बैरवा ने विधानसभा में उनके साथ हुए व्यवहार का मामला उठाते हुए तहसीलदार के खिलाफ कार्रवाई की मांग की थी। कांग्रेस के विशेषाधिकार हनन के नोटिस पर आगे अब एक्शन नहीं होगा। इस मामले में खूब विवाद हुआ था। विधायक-तहसीलदार में हुई थी बहस दौसा में 2 फरवरी को अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई के दौरान कांग्रेस विधायक दीनदयाल बैरवा और तहसीलदार गजानंद मीणा भिड़ गए थे। विधायक ने आदेश मांगे तो तहसीलदार ने कहा- सरकारी जमीन का मालिक मैं खुद हूं, मुझे कौन आदेश देगा। जमीन मेरी है, आप फालतू की बात मत करो। इसे सुनकर विधायक गुस्सा हो गए थे। मौके पर मौजूद पुलिसकर्मियों ने दोनों में बीच-बचाव किया। इसके बाद तहसीलदार ने अतिक्रमण ध्वस्त करने की कार्रवाई की। जयपुर-दौसा हाईवे पर ट्रक यूनियन ऑफिस के सामने रानी बीड के नाम से सरकारी रिकॉर्ड में दर्ज 12 बीघा जमीन पर अतिक्रमण कार्रवाई के दौरान यह वाकया हुआ था। मामला तूल पकड़ने पर 14 फरवरी को MLA दीनदयाल बैरवा ने कांग्रेस विधायकों के साथ विधानसभा स्पीकर को तहसीलदार के खिलाफ विशेषाधिकार हनन प्रस्ताव लाने का नोटिस दिया था। स्पीकर ने उचित कार्रवाई का आश्वासन देते हुए नोटिस मंजूर कर लिया था। …….. मामले से जुड़ी ये खबर भी पढ़ें... कांग्रेस विधायक से तहसीलदार बोले- फालतू बात नहीं,गलत हो जाएगा:जमीन सरकारी, मुझे आदेश कौन देगा; अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई रुकवाने पहुंचे थे बैरवा दौसा में अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई के दौरान कांग्रेस विधायक और तहसीलदार 2 फरवरी को भिड़ गए थे। विधायक दीनदयाल बैरवा ने आदेश मांगे तो तहसीलदार ने कहा- सरकारी जमीन का मालिक मैं खुद हूं, मुझे कौन आदेश देगा। जमीन मेरी है, आप फालतू की बात मत करो। इसे सुनकर विधायक गुस्सा हो गए और गरीबों के मकान तोड़ने का आरोप लगाया। (पूरी खबर पढ़ें) कांग्रेस विधायक से बहस करने वाले तहसीलदार के खिलाफ नोटिस:दीनदयाल बैरवा बोले- उसे सरकार का संरक्षण वरना क्या औकात MLA से उलझे दौसा से कांग्रेस विधायक दीनदयाल बैरवा के साथ तहसीलदार गजानंद मीणा की बदसलूकी के मामले ने तूल पकड़ लिया था। बैरवा ने कांग्रेस विधायकों के साथ विधानसभा स्पीकर को तहसीलदार (दौसा) के खिलाफ विशेषाधिकार हनन प्रस्ताव लाने का नोटिस दिया। स्पीकर ने उचित कार्रवाई का आश्वासन देते हुए 14 फरवरी को नोटिस मंजूर कर लिया था। (पूरी खबर पढ़ें)
होली पर चलेगी श्रीगंगानगर-समस्तीपुर विशेष ट्रेन:देवरिया सदर होकर गुजरेगी, यात्रियों को मिलेगी राहत
रेलवे प्रशासन ने होली पर्व के मद्देनजर यात्रियों की सुविधा के लिए श्रीगंगानगर–समस्तीपुर साप्ताहिक विशेष ट्रेन चलाने की घोषणा की है। यह ट्रेन देवरिया सदर, सीवान और छपरा होकर गुजरेगी। गाड़ी संख्या 04731/04732 श्रीगंगानगर–समस्तीपुर साप्ताहिक होली विशेष ट्रेन कुल पांच फेरों के लिए संचालित की जाएगी। श्रीगंगानगर जंक्शन से यह 1 मार्च से 29 मार्च 2026 तक प्रत्येक रविवार को चलेगी, जबकि समस्तीपुर से 3 मार्च से 31 मार्च 2026 तक प्रत्येक मंगलवार को रवाना होगी। गाड़ी संख्या 04731 श्रीगंगानगर जंक्शन–समस्तीपुर साप्ताहिक होली विशेष प्रत्येक रविवार को दोपहर 13:25 बजे श्रीगंगानगर से प्रस्थान करेगी। यह सादुलशहर, हनुमानगढ़, संगरिया, मंडी डबवाली, सिरसा, हिसार, रोहतक, दिल्ली, गाजियाबाद, मुरादाबाद, बरेली, सीतापुर, गोंडा, बस्ती और गोरखपुर होते हुए देवरिया सदर से 15:55 बजे गुजरेगी। इसके बाद सीवान, छपरा, सोनपुर, हाजीपुर और मुजफ्फरपुर होते हुए रात 23:30 बजे समस्तीपुर पहुंचेगी। वापसी में, गाड़ी संख्या 04732 समस्तीपुर–श्रीगंगानगर जंक्शन विशेष प्रत्येक मंगलवार को तड़के 01:00 बजे समस्तीपुर से रवाना होगी। यह मुजफ्फरपुर, हाजीपुर, छपरा, सीवान, देवरिया सदर (सुबह 07:10 बजे), गोरखपुर, बस्ती, गोंडा, सीतापुर, बरेली, मुरादाबाद, गाजियाबाद और दिल्ली होते हुए अगले दिन रोहतक, हिसार, सिरसा, हनुमानगढ़ मार्ग से दोपहर 12:20 बजे श्रीगंगानगर जंक्शन पहुंचेगी। रेलवे अधिकारियों के अनुसार, होली के दौरान यात्रियों की बढ़ती भीड़ को देखते हुए यह विशेष ट्रेन महत्वपूर्ण राहत प्रदान करेगी। यात्रियों से अपील की गई है कि वे यात्रा से पहले समय सारिणी की जानकारी अवश्य प्राप्त कर लें।
बालाघाट शहर में कल 4 घंटे बिजली गुल:सुबह 10 से दोपहर 2 बजे तक कटौती, नए उपकेंद्र के लिए पोल लगेंगे
बालाघाट शहर के टाउन-3 फीडर में कल, 25 फरवरी को बिजली गुल रहेगी। बैहर बायपास पर बन रहे नए 33 केवी बिजली सब-स्टेशन के लिए खंभे (पोल) लगाने का काम किया जाना है, जिसकी वजह से सुबह 10 बजे से दोपहर 2 बजे तक सप्लाई बंद रहेगी। बिजली कंपनी ने मंगलवार शाम को इसकी जानकारी दी। 4 घंटे के इस शटडाउन के कारण शहर के कई हिस्सों में बिजली नहीं रहेगी। मुख्य रूप से ये इलाके प्रभावित होंगे सुषमा लेआउट और देवटोला। मस्जिद चौक और सुबराती आरा मशीन। लहरी नगर और महेंद्रम कॉलोनी। देवटोला नहर, देव नगर और बैहर बायपास। कंपनी ने लोगों से अपील की है कि काम प्रभावित न हो, इसके लिए जरूरी इंतजाम पहले से ही कर लें।
आगरा में रायभा टोल प्लाजा पर विधायक लिखी कार में बैठे युवक ने टोल कर्मी के साथ मारपीट की। मारपीट करने वाला युवक फतेहपुर सीकरी के विधायक चौ. बाबूलाल के बेटे सुरेश हैं। मारपीट के दो वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे हैं। वीडियो में दिख रहा है कि एक युवक कार से उतरता है। इसके बाद कर्मचारी उससे कुछ कहता है। इसके बाद युवक उसको थप्पड़ जड़ देता है। युवक गाड़ी पर लगे वीआईपी पास की धौंस दिखा रहा था। मामला रायभा टोल प्लाजा का है। 2 तस्वीरें देखिए… अब जानिए पूरा मामलाघटना मंगलवार दोपहर की है। विधायक लिखी गाड़ी रायभा टोल प्लाजा पर फरह की तरफ से ग्वालियर की तरफ जा रही थी। गाड़ी पर फास्टैग नहीं लगा था। गाड़ी पर वीआईपी पास लगा होने के बाद भी करीब दो मिनट तक बैरियर नहीं उठाया गया। इस पर गाड़ी से उतरकर युवक ने टोल कर्मचारी संजय सिंह निवासी दौरेठा आगरा के साथ मारपीट की। कर्मचारी के गाल पर थप्पड़ मारे। पूरी घटना वीडियो में कैद हो गई। बताया गया कि गाड़ी में फतेहपुर सीकरी भाजपा विधायक चौ. बाबूलाल के पुत्र सुरेश, उनकी पत्नी और बच्चे बैठे हुए थे। इस संबंध में रायभा टोल प्रशासन ने चुप्पी साध ली है। उन्होंने कुछ भी कहने से कार कर दिया है। विधायक ने कहा- टोल प्लाजा कर्मचारी ने की अभद्रता भाजपा विधायक चौ. बाबूलाल ने बताया- टोल प्लाजा कर्मचारी द्वारा बेटे के साथ अभद्रता की गई। बेटे ने अपना परिचय दिया। उनसे कहा कि गाड़ी पर विधानसभा का स्टीकर लगा है। उन्होंने मुझसे फोन पर बात कराने का भी प्रयास किया, लेकिन टोल प्रशासन ने उनकी बात नहीं सुनी। बेटे को उकसाया गया। जब एक जनप्रतिनिधि के साथ ऐसी हरकत की गई तो आम जनता के साथ क्या होता होगा। ये सब उनके विरोधियों की साजिश है। उनके द्वारा ही वीडियो वायरल कराया गया। आधार कार्ड मांगने पर हुआ विवादपीड़ित संजय ने बताया- गाड़ी मथुरा जिला की थी, इसलिए मैंने उनसे आधार कार्ड मांगा। इस पर गाड़ी चालक गाली गलौज और मारपीट करने लगे। गाड़ी पर फास्टैग नहीं थाटोल मैनेजर ईश्वर शर्मा ने बताया- गाड़ी पर फास्टैग नहीं था। यूपी 85 नंबर की गाड़ी होने की वजह से आधार कार्ड दिखाने को कहा। इस बात पर मारपीट की गई है।------------------------ ये खबर भी पढ़िए- मेरठ में परिवार के 6 लोग एक साथ जिंदा जले, इनमें जुड़वां बेटियों समेत 5 बच्चे मेरठ में कपड़ा कारोबारी के परिवार के 6 लोग जिंदा जल गए। इनमें जुड़वां बेटियों समेत 5 बच्चे हैं। कारोबारी सोमवार की देर शाम नमाज पढ़ने गया था, तभी दो मंजिला मकान में भीषण आग लग गई। उस वक्त घर में 2 महिलाएं और 5 बच्चे थे। सभी लपटों में फंस गए। (पूरी खबर पढ़िए)
मराठा समाज रायपुर ने छत्रपति शिवाजी महाराज की 396वीं जयंती बड़े उत्साह के साथ मनाई। कार्यक्रम में शौर्य, स्वाभिमान और राष्ट्रभक्ति की झलक देखने को मिली। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में दक्षिण विधानसभा के विधायक सुनील सोनी, विशिष्ट अतिथि पार्षद मुरली शर्मा, प्रमुख वक्ता दीपक हटवार, और मराठा समाज के कई अध्यक्ष व पदाधिकारी उपस्थित थे। मराठा समाज रायपुर के अध्यक्ष लोकेश पवार ने बताया कि यह आयोजन मराठा युवा समाज की ओर से आयोजित किया गया था। कार्यक्रम की शुरुआत शिवाजी महाराज की अश्वारूढ़ झांकी और शोभायात्रा से हुई, जिसमें “जय भवानी, जय शिवाजी” के नारों के बीच भगवा झंडों के साथ प्रतिमा स्थल तक पहुंचा गया। वहां आतिशबाजी, पुष्पमाल्यार्पण और श्रद्धांजलि अर्पित की गई। बच्चों के देशभक्ति नृत्य से हुआ कार्यक्रम का समापन शोभायात्रा के बाद कार्यक्रम आउटडोर स्टेडियम में हुआ, जहां दीप प्रज्ज्वलन और शिवाजी महाराज की आरती की गई। बच्चों द्वारा प्रस्तुत देशभक्ति और शौर्य के नृत्य ने सभी को भावविभोर कर दिया। इस अवसर पर समाज सेवा और उत्कृष्ट योगदान के लिए कुछ व्यक्तियों को सम्मानित किया गया। कार्यक्रम में विधायक सुनील सोनी ने समाज भवन के जीर्णोद्धार के लिए 10 लाख रुपए और पार्षद मुरली शर्मा ने 1 लाख रुपए सहयोग की घोषणा की। शिवाजी महाराज की जीवनगाथा युवाओं के लिए प्रेरणा बनी प्रधान वक्ता दीपक हटवार ने शिवाजी महाराज के जीवन और स्वराज्य स्थापना की कहानी युवाओं के लिए प्रेरणादायक ढंग से बताई। इस आयोजन को सफल बनाने में मराठा युवा समाज रायपुर के पदाधिकारी, महिला मंडल और समाज के सभी वर्गों का योगदान सराहनीय रहा। मराठा समाज रायपुर ने संकल्प लिया कि शिवाजी महाराज के विचार न्याय, समानता, स्वराज और राष्ट्रसेवा को समाज के हर वर्ग तक पहुंचाने का अभियान लगातार जारी रहेगा।
जमीनी विवाद में कार चढ़ाने का आरोप:गुना से लौटते समय मारी टक्कर; पिता की मौत, दो बेटे गंभीर घायल
गुना जिले के आरोन निवासी शिवभान सिंह सोलंकी की बजरंगगढ़ इलाके में एक कार की टक्कर लगने से मौत हो गई, जबकि उनके दो बेटे गंभीर रूप से घायल हैं। मंगलवार दोपहर में ही शिवभान का आरोन में एक अन्य परिवार से प्लॉट को लेकर विवाद और मारपीट हुई थी। परिजनों का आरोप है कि पुरानी रंजिश के चलते दूसरे पक्ष ने जानबूझकर पीछे से कार चढ़ाकर इस वारदात को अंजाम दिया है। फिलहाल, पुलिस मामले की जांच कर रही है और घायलों का इलाज जिला अस्पताल में जारी है। जानकारी के अनुसार, आरोन निवासी शिवभान सिंह सोलंकी और अनिकेत जैन के परिवार के बीच लंबे समय से प्लॉट को लेकर विवाद चल रहा है। अनिकेत जैन (25) ने पुलिस को बताया कि मंगलवार दोपहर करीब 2 बजे जब वह मिस्त्री के साथ अपनी वैन ठीक करवा रहा था, तभी शिवभान सिंह अपने बेटों सूरज और कुनाल के साथ वहां पहुंचे और डंडों से मारपीट कर दी। इस मामले में आरोन पुलिस ने अनिकेत की शिकायत पर शिवभान सिंह और उनके परिवार के 5 सदस्यों पर एफआईआर (FIR) दर्ज की थी। बीजेपी नेता से शिकायत कर लौट रहे थे वापसमारपीट की घटना के बाद शिवभान सिंह अपने दोनों बेटों के साथ गुना आए थे। वे भाजपा के एक पूर्व पदाधिकारी से मिलकर यह शिकायत करने पहुंचे थे कि पुलिस उनकी सुनवाई नहीं कर रही है। मुलाकात के बाद शाम करीब 7 बजे तीनों अपनी कार से वापस आरोन लौट रहे थे। पीछे से कार चढ़ाकर मारी टक्कर, पिता की मौतबजरंगगढ़ टोल नाके से आगे उनकी कार को एक दूसरी कार ने जोरदार टक्कर मार दी। हादसे में तीनों गंभीर रूप से घायल हो गए, जिन्हें जिला अस्पताल लाया गया। यहां डॉक्टरों ने शिवभान सिंह को मृत घोषित कर दिया, जबकि उनके दोनों बेटों के सिर में गंभीर चोटें आई हैं। घायल बेटे का आरोप- 'धर्मेंद्र सोनी ने चढ़ाई गाड़ी'अस्पताल में भर्ती घायल कुणाल सोलंकी ने आरोप लगाया कि यह हादसा नहीं बल्कि हत्या है। कुणाल ने बताया, जब हम वापस जा रहे थे, तो पीछे से एक कार ने टक्कर मारी। धर्मेंद्र सोनी ने गाड़ी चढ़ाई, जिसमें कल्ला जैन, प्रताप जैन और बाकी लोग बैठे थे। हमने गाड़ी और तेज चलाई तो उन्होंने दोबारा पीछे से आकर गाड़ी चढ़ा दी। इसमें पिता खत्म हो गए और हम दोनों भाई घायल हैं।
झाबुआ जिले के रानापुर में अब तक की सबसे बड़ी चोरी का मामला सामने आया है। एम.जी. रोड स्थित एक व्यापारी के सूने मकान से चोरों ने करीब साढ़े पांच करोड़ रुपये की संपत्ति पर हाथ साफ कर दिया। पुलिस ने वारदात के 10 दिन बाद FIR दर्ज कर दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जो फरियादी के करीबी रिश्तेदार और पड़ोसी बताए जा रहे हैं। शादी में गया था परिवार, पीछे से हो गई वारदात यह घटना 11 फरवरी की है। व्यापारी माणकलाल राठौड़ का परिवार अपने पौते की शादी के सिलसिले में बाहर गया हुआ था। जब उनका छोटा बेटा घर लौटा, तो ताले टूटे हुए मिले। घर की दूसरी मंजिल पर रखी अलमारियों से 170 किलो चांदी, 1 किलो 200 ग्राम सोने के जेवर और 7.50 लाख रुपए नकद गायब थे। 10 दिन बाद दर्ज हुई FIR, समझौते की भी चली चर्चा 15 फरवरी को लिखित शिकायत देने के बावजूद पुलिस ने 21 फरवरी को एफआईआर दर्ज की। चर्चा है कि इतनी बड़ी राशि और आपसी रिश्तेदारी का मामला होने के कारण समाज स्तर पर समझौते के प्रयास किए जा रहे थे, लेकिन बात नहीं बन पाई। पुलिस ने जांच के बाद विजय पिता कैलाश चंद्र राठौड़ और भाविक पिता शांतिलाल राठौड़ को गिरफ्तार किया है। दोनों आरोपी वर्तमान में पुलिस रिमांड पर हैं। घर में 170 किलो चांदी की मौजूदगी को लेकर क्षेत्र में कई तरह की चर्चाएं हैं। माना जा रहा है कि यह चांदी गिरवी रखने के कारोबार से जुड़ी हो सकती है। एडिशनल एसपी प्रतिपाल सिंह महोबिया ने बताया- आरोपियों से पूछताछ जारी है। जल्द ही चोरी गया माल बरामद कर लिया जाएगा और इस मामले में कुछ अन्य लोगों के नाम भी सामने आ सकते हैं।
पब्लिक हेल्थ डिपार्टमेंट के कार्यकारी अभियंता (एक्सईएन) बलविंद्र नैन के सस्पेंशन के 6 दिन बाद सरकार ने उनको बहाल कर दिया है। इसे लेकर हरियाणा सरकार कमीशनर की ओर से पत्र जारी हुआ है। बता दे कि बलविंद्र नैन के पास सिरसा जिले के एक्सईएन का भी अतिरिक्त कार्यभार है और फतेहाबाद के जन स्वास्थ्य विभाग में कार्यरत है। मामले के अनुसार, कैबिनेट मंत्री कृष्ण बेदी करीब 6 दिन पहले सिरसा दौरे पर आए हुए थे। इस दौरान कुछ पार्षदों ने शहर में सीवरेज समस्या रखी। कैबिनेट मंत्री कृष्ण बेदी के समक्ष सिरसा शहर के पार्षद राजन शर्मा ने पेयजल संबंधी शिकायत रखी थी। उन्होंने कहा था कि पाइप लाइन का टेंडर हो चुका है, लेकिन काम शुरू नहीं हो रहा है। मंत्री के पीए का नहीं उठाया था फोन इस पर मंत्री के कहने पर पीए ने फोन मिलाया, लेकिन एक्सईएन बलविंद्र नैन ने कॉल अटैंड नहीं की। बाद में उन्होंने फोन किए, पर बात नहीं हुई। इस बात पर मंत्री नाराज हो गए और उन्होंने एक्सईएन को सस्पेंड करने की अनुशंसा कर दी। एक्सईएन बलविंद्र नैन के पास सिरसा का अतिरिक्त कार्यभार था।
लुधियाना भ्रष्टाचार के खिलाफ अभियान चलाते हुए लुधियाना विजिलेंस ब्यूरो ने आज पुलिसकर्मी को रंगे हाथों गिरफ्तार किया है। जानकारी के अनुसार आरोपी पुलिसकर्मी को जिला कचहरी (कोर्ट कॉम्प्लेक्स) की पांचवीं मंजिल से 15,000 रुपये की रिश्वत लेते हुए हिरासत में लिया गया। केस रफा-दफा करने के बदले मांगे थे पैसे सूत्रों के हवाले से मिली जानकारी के मुताबिक पकड़ा गया पुलिसकर्मी थाना 8 में तैनात बताया जा रहा है। आरोप है कि उसने किसी पुराने केस के निपटारे और मामले को रफा-दफा करने के बदले में पीड़ित से पैसों की मांग की थी। सौदा तय होने के बाद जैसे ही पुलिसकर्मी ने कोर्ट परिसर की पांचवीं मंजिल पर रिश्वत की राशि पकड़ी पहले से जाल बिछाकर बैठी विजिलेंस टीम ने उसे दबोच लिया। विजिलेंस अधिकारियों ने की पुष्टि इस कार्रवाई की पुष्टि करते हुए विजिलेंस अधिकारियों ने बताया कि आरोपी को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है।हमने एक पुलिसकर्मी को रिश्वत लेते हुए गिरफ्तार किया है। अभी मामले की शुरुआती जांच और कागजी कार्रवाई जारी है। जैसे ही जांच पूरी होगी मामले की विस्तृत जानकारी और एफआईआर का विवरण साझा किया जाएगा। कोर्ट परिसर में मचा हड़कंप दोपहर के समय हुई इस अचानक कार्रवाई से कोर्ट परिसर में हड़कंप मच गया। विजिलेंस की टीम आरोपी को अपने साथ दफ्तर ले गई है, जहां उससे यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि इस मामले में क्या कोई अन्य अधिकारी भी शामिल है।
जींद के गांव दबलैन में जमीन विवाद को लेकर हुई मारपीट में घायल बुजुर्ग मियाराम का मंगलवार सुबह निधन हो गया। उनका इलाज हिसार के एक निजी अस्पताल में चल रहा था। पुलिस ने मृतक के बेटे सूर्य प्रकाश की शिकायत पर दो चचेरे भाइयों, बलिंद्र उर्फ घोड़ा और यादविंद्र के खिलाफ गैर-इरादतन हत्या का मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस के अनुसार, यह विवाद जमीन को ठेके पर देने और पुराने पारिवारिक मनमुटाव से जुड़ा है। मृतक मियाराम के भतीजे बलिंद्र ने उनके हिस्से की जमीन ठेके पर लेने की बात कही थी, जिस पर मियाराम ने यह कहते हुए मना कर दिया कि वे पहले के पैसे नहीं देते, इसलिए अब और जमीन ठेके पर नहीं देंगे। करीब एक साल पहले भी साझा खेवट को लेकर उनके बीच कहासुनी हुई थी, जिसमें आरोपियों ने बुजुर्ग को धमकी दी थी। हालांकि, उस समय समझौता हो गया था। घटना 23 फरवरी की है। सोमवार दोपहर करीब 3 बजे जब मियाराम अपनी भैंसों को पानी पिलाने तालाब पर जा रहे थे, तभी गली में बलिंद्र और यादविंद्र ने उन्हें घेर लिया। दोनों ने बुजुर्ग पर लाठी-डंडों से हमला कर दिया। मृतक के बेटे सूर्य प्रकाश, जो बीडीपीओ कार्यालय में कार्यरत हैं, ने बताया कि हमले के बाद उनके पिता घर पहुंचे और सीने व पेट में तेज दर्द की शिकायत की। उन्हें पहले नरवाना अस्पताल ले जाया गया, जहां से गंभीर हालत के कारण जींद और फिर रोहतक पीजीआई रेफर कर दिया गया। बेहतर इलाज की उम्मीद में परिजन उन्हें हिसार के एक निजी अस्पताल ले गए, लेकिन मंगलवार सुबह उनकी मृत्यु हो गई।
संतकबीर नगर में भाजपा मंडल अध्यक्ष पर महिला बीडीओ और दलित सचिव से दुर्व्यवहार करने तथा एसआईआर (सोशल इंपैक्ट असेसमेंट रिपोर्ट) के कार्य में बाधा डालने का मामला सामने आया है। महिला बीडीओ श्वेता वर्मा और पंचायत सचिव रमाकांत ने धनघटा थाने में तहरीर देकर मुकदमा दर्ज करने की मांग की है। मामला धनघटा थाना क्षेत्र स्थित पौली ब्लॉक का है। बीडीओ श्वेता वर्मा ने तहरीर में बताया कि मंगलवार को वह अपने कार्यालय में एसआईआर कार्य निपटाने के बाद एडीओ पंचायत कार्यालय पहुंची थीं। उसी दौरान अमौली गांव निवासी भाजपा मंडल अध्यक्ष अरविंद सिंह राशन कार्ड संबंधी प्रार्थना पत्र लेकर पहुंचे। उस पर तत्काल रिपोर्ट लगाने का दबाव बनाने लगे। हस्ताक्षर किए बिना नहीं जाने दे की धमकी बीडीओ के अनुसार, अरविंद सिंह ने कहा कि हस्ताक्षर किए बिना किसी को ब्लॉक से जाने नहीं देंगे। हस्ताक्षर होने के बाद भी उन्होंने गाली-गलौज और अभद्रता की। बीडीओ ने आरोप लगाया कि विवाद के दौरान आरोपी उनके सामने अर्धनग्न हो गए। वहीं पंचायत सचिव रमाकांत ने आरोप लगाया कि अरविंद सिंह ने जातिसूचक शब्दों का प्रयोग करते हुए जान से मारने की धमकी दी और डंडा लेकर उन्हें दौड़ाया। भाजपा मंडल अध्यक्ष का पक्ष अरविंद सिंह ने कहा कि उनकी सीओ और एसडीएम से बात हुई है। जिन्होंने जांच कराने की बात कही है। उन्होंने निष्पक्ष जांच की मांग करते हुए कहा कि जो भी दोषी हो, उसके खिलाफ कार्रवाई की जाए। घटना की सूचना मिलते ही विकास विभाग के अधिकारी और कर्मचारी धनघटा थाना परिसर में पहुंचने लगे। दूसरी ओर भाजपा के मंडल और जिला स्तर के नेता भी थाने पहुंच गए। दोनों पक्षों के समर्थकों का जमावड़ा लग गया। सूचना पर एसडीएम डॉ. सुनील कुमार और पुलिस क्षेत्राधिकारी अभयनाथ मिश्र भी थाने पहुंचकर दोनों पक्षों को समझाने का प्रयास किया। लेकिन दोनों ही पक्ष एक-दूसरे पर आरोप लगाते रहे। पीड़ित बीडीओ के समर्थन में बीडीओ हैसर समेत जिले के कई सचिव मुकदमा दर्ज करने की मांग पर अड़े रहे। संतोषजनक कार्रवाई न होने पर कर्मचारी डीम से मिलने पहुंच गए। पुलिस मामले की जांच में जुटी है।
मऊगंज में गोवंश हत्या, आरोपी गिरफ्तार:घर से 10 किलो मांस और धारदार हथियार मिला; केस दर्ज
मऊगंज के वार्ड नंबर 12 स्थित तेलियान टोला घुरेहटा में गोवंश की हत्या का मामला सामने आया है। पुलिस ने खबर मिलते ही मौके पर दबिश दी और एक आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। आरोपी के घर से करीब 10 किलो मांस, गोवंश का एक पैर और मांस काटने वाला धारदार गड़ासा बरामद हुआ है। पुलिस को सूचना मिली थी कि स्थानीय निवासी मोहम्मद शरीफ उर्फ शरीफ खान अपने घर में गोवंश की हत्या कर रहा है। मऊगंज थाना प्रभारी संदीप भारतीय अपनी टीम के साथ मौके पर पहुंचे और आरोपी को हिरासत में ले लिया। पुलिस फिलहाल आरोपी से पूछताछ कर रही है। मांस के नमूने जांच के लिए भेजे गए पकड़े गए मांस की पुष्टि के लिए पशु चिकित्सा विभाग को जानकारी दे दी गई है। मांस के नमूने लैब में परीक्षण के लिए भेजे जा रहे हैं। पुलिस ने मंगलवार 24 फरवरी को शाम 4 बजे केस दर्ज कर लिया है और यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि इस काम में और कौन-कौन शामिल है।
दमोह यातायात पुलिस ने क्षमता से अधिक माल ढोने वाले भारी वाहनों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। चेकिंग के दौरान पकड़े गए दो ओवरलोड वाहनों पर न्यायालय ने सख्त रुख अपनाते हुए कुल 1 लाख 12 हजार रुपए का जुर्माना लगाया है। क्षमता से 36 टन अधिक भरा था माल यातायात थाना प्रभारी दलवीर सिंह मार्को ने सोमवार को वाहनों की चेकिंग के दौरान दो वल्कर (भारी मालवाहक वाहन) रोके थे। जांच में पाया गया कि बल्कर (RJ19GJ0819) अपनी क्षमता से 16 टन और बल्कर (RJ19GJ0818) निर्धारित क्षमता से 20 टन अधिक माल लेकर जा रहे थे। पुलिस ने तुरंत दोनों वाहनों को जब्त कर लिया और मामला कोर्ट में पेश किया। कोर्ट ने लगाया भारी जुर्माना मंगलवार को इन मामलों की सुनवाई के दौरान न्यायालय ने नियमों के उल्लंघन पर कड़ा फैसला सुनाया। कोर्ट ने पहले वाहन पर 52,000 रुपए और दूसरे वाहन पर 60,000 रुपए का जुर्माना लगाया। पुलिस ने दोनों वाहनों के मालिकों से कुल 1 लाख 12 हजार रुपए का जुर्माना वसूला है।
चित्तौड़गढ़ में 8 मार्च को विश्व हिंदू परिषद, बजरंग दल और मातृ शक्ति दुर्गावाहिनी की ओर से एक समरसता संगोष्ठी रखी गई है। यह प्रोग्राम शाम 5:30 बजे इंदिरा प्रियदर्शनी ऑडिटोरियम में होगा। आयोजकों ने बताया कि संगोष्ठी के बाद “संगत-पंगत” का प्रोग्राम भी होगा। इसमें अलग-अलग मत और समाज के लोग संतों के साथ बैठकर प्रसाद ग्रहण करेंगे। इसका मकसद आपसी भाईचारा बढ़ाना है। मंगलवार को हुई प्रेस कांफ्रेंस में परिषद के राष्ट्रीय प्रवक्ता विनोद बंसल ने कहा कि यह कार्यक्रम समाज में एकता और सद्भाव का संदेश देने के लिए रखा गया है। उन्होंने कहा कि मेवाड़ की धरती से एक मजबूत एकता का संदेश दिया जाएगा। उन्होंने लोगों से बड़ी संख्या में कार्यक्रम में आने की अपील की। साथ ही कहा कि समाज को बांटने वाली किसी भी ताकत से सावधान रहना जरूरी है। उनसे स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद पर दर्ज पोक्सो मामले को लेकर भी सवाल पूछे गए। इस पर विनोद बंसल ने कहा कि संतों के मामलों पर उनकी धार्मिक संस्थाएं फैसला करती हैं। परिषद संतों के साथ है, लेकिन कानून को अपना काम करने देना चाहिए। कोई भी कानून से ऊपर नहीं है। उन्होंने यह भी कहा कि कुछ मुद्दे सुप्रीम कोर्ट में चल रहे हैं, इसलिए कोर्ट के फैसले का इंतजार करना चाहिए। 8 मार्च को होने वाले प्रोग्राम में परिषद के केंद्रीय संगठन सह मंत्री विनायक राव देशपांडे भी आएंगे।
हरदा जिले के टिमरनी तहसील मुख्यालय में मंगलवार शाम वार्ड नंबर 3 की महिलाओं ने थाना प्रभारी मुकेश गौड़ को पुलिस अधीक्षक के नाम ज्ञापन सौंपा। महिलाओं ने नगर में लगातार बढ़ रही चोरी की घटनाओं पर गहरी चिंता जताई। महिलाओं ने बताया कि पिछले तीन महीनों में नगर में एक दर्जन से अधिक बड़ी चोरी की वारदातें हो चुकी हैं। इनमें से अकेले वार्ड नंबर 3 में ही तीन बड़ी चोरियां हुई हैं, जिससे रहवासियों में डर का माहौल बन गया है। ज्ञापन में काकोड़िया परिवार के घर हुई हालिया चोरी का विशेष रूप से जिक्र किया गया, जिसमें करीब 20 लाख रुपए से अधिक का सामान चोरी हो गया। महिलाओं का कहना है कि इतनी बड़ी घटना के बावजूद अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। महिलाओं का आरोप है कि टिमरनी पुलिस अब तक एक भी चोरी का खुलासा नहीं कर पाई है। लगातार हो रही घटनाओं से आम जनता असुरक्षित महसूस कर रही है, इसी कारण उन्हें मजबूरन थाने पहुंचकर ज्ञापन देना पड़ा। 7 दिन का अल्टीमेटम, धरने की चेतावनी महिलाओं ने पुलिस को सात दिन का अल्टीमेटम देते हुए कहा कि यदि इस अवधि में चोरों की पहचान कर कार्रवाई नहीं की गई, तो वे थाना परिसर में अनिश्चितकालीन धरना प्रदर्शन करेंगी। थाना प्रभारी मुकेश गौड़ ने बताया कि जिले में चोरी की वारदातों पर अंकुश लगाने के लिए अलग-अलग टीमें गठित की गई हैं और आरोपियों की तलाश जारी है। उन्होंने दावा किया कि जल्द ही चोरों को पकड़ लिया जाएगा। नागरिकों से अपील टीआई गौड़ ने नागरिकों से अपील की कि वे अपने घरों में सीसीटीवी कैमरे लगाएं और घर बंद कर बाहर जाने की स्थिति में संबंधित थाने को सूचना दें, ताकि रात्रि गश्त के दौरान उन स्थानों पर विशेष निगरानी रखी जा सके।
आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय प्रवक्ता व राज्यसभा सांसद संजय सिंह मंगलवार को मेरठ पहुंचे। यहां उन्होंने लिसाड़ीगेट के किदवई नगर में अग्निकांड में एक साथ छह लोगों को खोने वाले परिवार से मुलाकात कर उन्हें सांत्वना दी। दिनभर यहां राजनीतिक दलों के लोगों का आना जाना लगा रहा। सभी ने पीड़ित परिवार के प्रति अपनी गहरी संवेदना व्यक्त की। हादसे के बाद की तीन तस्वीरें देखें… पहले एक नजर अग्निकांड पर लिसाड़ीगेट के किदवई नगर निवासी इकबाल अहमद के दो मंजिला मकान में सोमवार शाम उस वक्त आग लग गई, जब परिवार के सभी पुरुष नमाज पढ़ने गए थे और घर पर केवल महिलाएं व बच्चे थे। आग इतनी भीषण थी कि देखते ही देखते पूरे मकान में फैल गई। हादसे में छह छह माह की दो जुड़वा बच्चियों समेत छह लोगों की दम घुटने से मौत हो गई। दो बच्चों के पिता आप नेताइस अग्निकांड में कुल छह लोगों महिला रुखसार के अलावा अकदस, अनाबिया, इनायत, महविश और हम्माद की जान चली गई। महविश और हम्माद के पिता फारूख किदवई हैं जो आम आदमी पार्टी में जिला उपाध्यक्ष के पद पर हैं। पार्टी नेताओं को जैसे ही पता चला, उन्होंने फोन पर फारूख को सांत्वना दी। दोपहर में राज्यसभा सांसद संजय सिंह बिना देरी किए मेरठ पहुंच गए और पीड़ित परिवार से मिले। पार्टी हर संभव मदद को तैयार आप सांसद ने हादसे पर दुख जताया। उन्होंने कहा कि पार्टी फारूख किदवई व उनके परिवार के साथ खड़ी है। बहुत बड़ा दुख परिवार पर टूटा है। इसकी भरपाई किसी भी तरह नहीं की जा सकती। इसके बावजूद पार्टी से हर संभव मदद पीड़ित परिवार को दिलाई जाएगी। शासन-प्रशासन करे मदद, जांच हो सांसद संजय सिंह ने कहा कि जो नुकसान इस परिवार का हुआ है, उसकी भरपाई किसी भी तरह से नहीं हो सकती। फिर भी सरकार आगे आकर पीड़ित परिवार की मदद करे ताकि यह परिवार दोबारा से अपने पैर पर खड़ा हो सके। उन्होंने यह भी कहा कि प्रशासन हादसे की जांच कराए। यह पता चलना चाहिए कि आग लगी तो कैसे। हादसे वाले घर को भी देखा राज्यसभा सांसद संजय सिंह मंगलवार दोपहर पार्टी के प्रांत अध्यक्ष सोमेंद्र ढाका, जिलाध्यक्ष अंकुश चौधरी समेत पार्टी के कई कार्यकर्ताओं के साथ किदवई नगर पहुंचे। जाते ही उन्होंने पहले उस घर को देखा, जहां यह हादसा हुआ। हालांकि सील होने के कारण वह घर के अंदर नहीं जा सके। इसके बाद वह परिवार के लोगों से भी मिले। आग बुझाने के हों पर्याप्त इंतजामसंजय सिंह ने कहा कि किदवई नगर जैसे शहर में काफी इलाके ऐसे हैं, जिनके रास्ते सकरे हैं। यहां बड़ी आबादी रहती हैं। ऐसे में अग्नि सुरक्षा जैसे बिंदुओं पर प्रशासन को काम करना चाहिए। जिस तरह की जानकारी मिली है, उसके अनुसार फायर ब्रिगेड समय पर मदद शुरु नहीं कर सकी। इसकी बड़ी वजह यहां के सकरे रास्ते बताए गए हैं। इन स्थिति में प्रशासन को ऐसे इंतजाम करने चाहिए ताकि आग की घटनाओं में तत्काल मदद मिल जाए। सपा विधायक भी मिलने पहुंचे रात से ही सांत्वना देने वालों का घर व अस्पताल में तांता लगा हुआ था। सुबह जनाजे उठे तो कब्रिस्तान में सपा जिलाध्यक्ष कर्मवीर सिंह गूमी, शहर अध्यक्ष आदिल चौधरी, सपा प्रदेश सचिव विपिन चौधरी, जिला पंचायत सदस्य हिमांशु सिद्धार्थ, आदिल अंसारी, सौरभ अग्रवाल, बाबर चौहान खरदौनी के अलावा व्यापारी नेता जीतू सिंह नागपाल भी मौजूद रहे। सिवालखास विधायक गुलाम मोहम्मद भी यहां मौजूद रहे। इसके बाद सपा विधायक शाहिद मंजूर, बसपा नेता इमरान याकूब कुरैशी भी पीड़ित परिवार से मिलने पहुंचे।
KGMU के HRF (हॉस्पिटल रिवॉल्विंग फंड) विभाग में तैनात एक महिला कर्मचारी ने उत्पीड़न का आरोप लगाते हुए इस्तीफा दे दिया है। पीड़िता ने मामले की शिकायत संस्थान प्रशासन से की है। कुलपति ने मामले की जांच के लिए विशाखा कमेटी को पत्र लिखा है। पीड़िता की ओर से 20 फरवरी को शिकायत पत्र के माध्यम से उत्पीड़न, छुट्टी से इनकार, गर्भावस्था के दौरान असंवेदनशील व्यवहार और बुनियादी सुविधाओं से वंचित किए जाने जैसे आरोप लगाए हैं। उन्होंने इन परिस्थितियों को अपनी नौकरी से इस्तीफा देने का प्रमुख कारण बताया है। परिवार में मृत्यु होने पर भी नहीं मिला अवकाश शिकायत में कहा गया है कि सेवा अवधि के दौरान, गर्भवती होने के बावजूद उन्हें कोई विशेष सहयोग या सुविधा प्रदान नहीं की गई। पर्याप्त स्टाफ उपलब्ध होने के बाद भी उन पर अप्रत्यक्ष दबाव डाला गया और टिप्पणियां की गईं, जिससे मानसिक तनाव की स्थिति बनी रही। आरोप लगाया कि पारिवारिक शोक जैसी आपात स्थिति में अवकाश का अनुरोध करने पर भी उन्हें सहानुभूति या समर्थन नहीं मिला। उन्होंने इसे प्रशासनिक असंवेदनशीलता और महिला कर्मचारियों के प्रति उदासीन रवैया बताया है। बहन को भी परेशान करने का लगाया आरोप शिकायत में एक घटना का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि ड्यूटी के दौरान वॉशरूम उपयोग की अनुमति और चाबी देने से इनकार कर दिया गया, जिसके कारण उन्हें दूसरे विभाग में जाना पड़ा। इस देरी के चलते उनसे जवाब-तलब भी किया गया। इस्तीफा देने के बाद भी वरिष्ठ अधिकारी ने अपमानजनक टिप्पणी की।आरोप यह भी है कि इस्तीफे के बाद उनकी बहन, जो उसी संस्थान में फार्मासिस्ट के पद पर तैनाती हैं, को भी मानसिक उत्पीड़न का सामना करना पड़ रहा है। विशाखा कमेटी की चेयरमैन को भेजा गया प्रकरण KGMU के मीडिया सेल प्रभारी डॉ.केके सिंह ने बताया कि मामला संज्ञान में आते ही कुलपति की तरफ से इस प्रकरण को विशाखा कमेटी के चेयरमैन को भेजा गया हैं। वो खुद इस पर निर्णय लेंगी कि इस विषय की जांच विशाखा कमेटी की परिधि में हैं या नहीं। विश्वविद्यालय में किसी भी महिला या फीमेल स्टॉफ या स्टूडेंट्स से जुड़े मामले में 'जीरो टॉलरेंस' की नीति अपनाई जाती हैं, इसलिए कार्रवाई नहीं होगी, इसका सवाल ही नहीं उठता।
बरेली में पत्नी ने अपनी बेटी के साथ मिलकर बेलदार पति की हत्या कर दी। पत्नी ने शराब पीने का विरोध किया तो उसने मारपीट शुरू कर दी। उसे जान से मारने का प्रयास किया। तभी पत्नी ने लोहे की फुकनी से उस पर हमला कर दिया। इसके बाद मां को बचाने बेटी पहुंची। उसने अपने पिता पर लाठी-डंडे से हमला कर दिया। इस पर वह सड़क पर गिर गया। इसके बाद मां-बेटी ने पीट-पीटकर उसको मार डाला। पुलिस ने आरोपी मां-बेटी को अरेस्ट कर लिया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में महिला के पति के शरीर पर सिर से लेकर पैर तक कुल 18 चोटों के निशान मिले। शराब पीकर घर आया, पत्नी को देने लगा गालियां इज्जतनगर थाना क्षेत्र के छोटी विहार निवासी बालकराम पेशे से बेलदार थे। वह पत्नी रेखा और बच्चों के साथ रहते थे। दोनों की शादी के 25 साल हो गए थे। 22 फरवरी की दोपहर करीब 3:00 बजे बालकराम नशे में घर पहुंचा। उस समय उसकी पत्नी रेखा और बेटी पिंकी छत पर बैठी थीं। बालकराम गाली-गलौज करता हुआ छत पर पहुंचा। गालियां सुनकर मां-बेटी नीचे आ गईं। बालकराम भी नीचे आ गया। उसने पत्नी के साथ हाथापाई शुरू कर दी।रेखा ने पुलिस को बताया कि बालकराम ने उसे जमकर पीटा। उसकी जान लेने की कोशिश की। फिर मैंने फुकनी से वार कर दिया। फिर मेरी बेटी पिंकी मुझे बचाने आ गई। उसने लाठी-डंडे से बालकराम पर हमला कर दिया। इससे उसकी मौत हो गई। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में 18 जगह चोटों के निशान घटना की सूचना मिलते ही इज्जतनगर थाना प्रभारी निरीक्षक बिजेन्द्र सिंह अपनी टीम के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। बालकराम के पांच बच्चे हैं। दो लड़के और तीन लड़कियां शामिल हैं। इनमें से बड़ी बेटी पिंकी शादीशुदा है। उसके 4 बच्चे हैं। पिंकी का सबसे छोटा बेटा महज 5 महीने का है। परिवार में अब 30 वर्षीय शादीशुदा बेटा अजय, 20 वर्षीय शादीशुदा बेटी शिवानी, 15 वर्षीय चांदनी और 12 वर्षीय विकास हैं। जिनका रो-रोकर बुरा हाल है। पुलिस ने मां रेखा और बेटी पिंकी को अरेस्ट कर लिया।
हिसार में दुष्कर्म का आरोपी गिरफ्तार:POCSO एक्ट में पहले भी केस दर्ज; युवक को पुलिस रिमांड पर लिया
हिसार जिले उकलाना में पुलिस ने POCSO एक्ट के तहत दर्ज केस में कार्रवाई करते हुए एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपी की पहचान सुशील कुमार निवासी खानक (भिवानी) के रूप में हुई है। पुलिस आरोपी से पूछताछ कर रही है। पुलिस प्रवक्ता दीपक ने बताया कि थाना उकलाना एरिया के एक गांव की एक महिला ने अपनी बेटी के साथ आरोपी द्वारा होटल में बहला फुसलाकार दुष्कर्म होने की शिकायत दी थी। शिकायत में लड़की की उम्र 16 साल बताई गई। शिकायत मिलने पर पुलिस ने POCSO एक्ट के तहत 22 फरवरी को दर्ज किया था। उसके बाद पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी थीं। पुलिस प्रवक्ता ने बताया कि आरोपी के खिलाफ पहले भी थाना तोशाम में POCSO एक्ट के तहत एक और केस दर्ज मिला है। कोर्ट से पुलिस रिमांड मिला पुलिस ने आरोपी को कोर्ट में पेश कर रिमांड लिया। रिमांड के दौरान पुलिस घटना में इस्तेमाल बाइक की बरामदगी व अन्य की जानकारी के लिए पूछताछ करेगी। पुलिस द्वारा आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है तथा मामले की गहन जांच जारी है।
अनूपपुर तहसील कार्यालय में पिछले 13 दिनों से चल रही पटवारियों की हड़ताल पर मंगलवार शाम प्रशासन ने सख्ती दिखाई। एसडीएम और तहसीलदार ने पुलिस टीम के साथ धरना स्थल पहुंचकर टेंट उखड़वा दिया और जगह खाली करा दी। प्रशासन ने इस प्रदर्शन को बिना अनुमति का बताते हुए अवैध करार दिया है। मंगलवार शाम करीब 5:30 बजे एसडीएम कमलेश पुरी और तहसीलदार ईश्वर सिंह प्रधान भारी पुलिस बल के साथ पटवारियों के बीच पहुंचे। अधिकारियों ने कहा कि धरना देने के लिए कोई मंजूरी नहीं ली गई है। दूसरी तरफ, पटवारी संघ का कहना था कि उन्होंने पहले ही कलेक्टर और एसडीएम को जानकारी दे दी थी और 13 दिनों से चल रही हड़ताल पर प्रशासन की चुप्पी उनकी मंजूरी ही थी। हालांकि, प्रशासन ने उनकी एक नहीं सुनी और तंबू हटा दिए। संघ की वेतन भुगतान समेत 10 मांगें हैं, जिन पर पटवारी प्रदर्शन कर रहे थे। पटवारी संघ में नाराजगी, अब कलेक्टर ऑफिस पर होगा प्रदर्शन प्रशासन की इस कार्रवाई से पटवारी भड़क गए हैं। जिला अध्यक्ष चेतन सिंह मरावी ने इसे लोकतांत्रिक अधिकारों का हनन बताया है। संघ ने ऐलान किया है कि बुधवार से वे कलेक्टर कार्यालय के सामने अपना विरोध और तेज करेंगे। बोर्ड परीक्षाओं और सरकारी काम पर पड़ेगा असर पटवारियों ने चेतावनी दी है कि अगर उनकी मांगें नहीं मानी गईं, तो वे 26 फरवरी से शुरू होने वाली बोर्ड परीक्षाओं में बतौर कलेक्टर प्रतिनिधि ड्यूटी नहीं करेंगे। अनूपपुर के तहसील अध्यक्षों ने सामूहिक इस्तीफे की धमकी भी दी है। आंदोलन और भड़कने के आसार वेतन की गड़बड़ियों और अपनी मांगों को लेकर शुरू हुआ यह आंदोलन अब और बड़ा होता जा रहा है। मध्य प्रदेश के दूसरे जिलों के पटवारियों ने भी अनूपपुर का समर्थन करते हुए 27 फरवरी से अनिश्चितकालीन हड़ताल पर जाने की बात कही है। इस टकराव से आने वाले दिनों में सरकारी कामकाज और आम जनता की मुश्किलें बढ़ सकती हैं।
जोधपुर सूर्यनगरी की तपती गर्मी में महात्मा गांधी अस्पताल के मरीजों को अब गर्मी के मौसम में परेशान नहीं होना पड़ेगा। जोधपुर में समाजसेवी नरेश सुराणा ने अस्पताल को 83 एयर कंडीशनर दान किए। माता-पिता लालचंद सुराणा व सरदार कंवर की स्मृति में उन्हें ये कार्य किया। इससे शहर में गर्मी के मौसम में 45-50 डिग्री की लू से जूझ रहे मरीजों व तीमारदारों को अब ठंडी हवा मिल सकेगी। अस्पताल अधीक्षक डॉ. फतेह सिंह ने कहा- यह दान गर्मी के मौसम में मरीजों के लिए वरदान साबित होगा। इस दौरान नरेश सुराणा के साथ उनकी पोती तनीषा भी मौजूद रहीं। डॉ. महेंद्र टाक व डॉ. हेमंत जैन ने परिवार का धन्यवाद किया। उन्होंने कहा- आज के दौर में इतना बड़ा योगदान प्रेरणा देता है। सुराणा परिवार ने साबित कर दिया कि सेवा भावना जिंदा है। समाज आगे आया तो सरकारी अस्पताल भी निजी हॉस्पिटल की सुविधाओं जैसे हो जाएंगे।
निमाड़ अंचल के प्रसिद्ध लोक पर्व 'भगोरिया' की मंगलवार से शुरुआत हो गई है। आदिवासी समाज के इस पारंपरिक उत्सव का आगाज बड़वानी जिले की पाटी तहसील के पहाड़ी क्षेत्र रोसर गांव से हुआ। साल भर इस त्योहार का इंतजार करने वाले ग्रामीण, विशेषकर पलायन से लौटे लोग, बड़ी संख्या में अपनी संस्कृति के रंगों में रंगे नजर आए। पारंपरिक वेशभूषा और मांदल की गूंज रोसर के पहले भगोरिया हाट में आदिवासी संस्कृति की अनूठी झलक देखने को मिली। पारंपरिक वेशभूषा में सजे युवक-युवतियां ढोल और मांदल की थाप पर जमकर थिरके। वनांचल से आए हजारों ग्रामीणों ने हाट में जमकर खरीदारी की और एक-दूसरे को गुलाल लगाकर होली की अग्रिम बधाई दी। बच्चों ने खिलौनों और झूलों का आनंद लिया, वहीं कई ग्रामीण परिवार के साथ व्यंजनों का लुत्फ उठाते और सेल्फी लेते दिखे। पूर्व कैबिनेट मंत्री प्रेमसिंह पटेल भी पहुंचे इस विशेष अवसर पर पूर्व कैबिनेट मंत्री प्रेमसिंह पटेल भी ग्रामीणों के बीच पहुंचे। उन्होंने न केवल पर्व की बधाई दी, बल्कि खुद भी मांदल थामकर पारंपरिक नृत्य किया। उनके साथ जनपद अध्यक्ष थानसिंह सस्ते, मंडल अध्यक्ष संजय वर्मा सहित अन्य स्थानीय जनप्रतिनिधि भी मौजूद रहे। होली तक चलेगा उत्सव का सिलसिला भगोरिया हाट का यह सिलसिला अब होलिका दहन तक अंचल के अलग-अलग गांवों और कस्बों में लगातार चलेगा। आदिवासियों के लिए यह हाट केवल बाजार नहीं, बल्कि आपसी मिलन और खुशियां मनाने का सबसे बड़ा जरिया है। प्रशासन ने भी मेलों और हाटों की सुरक्षा को लेकर विशेष इंतजाम किए हैं। देखें तस्वीरें…
जिले के पंच गौरव के तहत कृषि उत्पाद सरसों की उपज के विकास एवं उद्यम स्थापना को लेकर जिला मुख्यालय के कृषि ऑडिटोरियम में मंगलवार को जिला प्रशासन एवं कृषि विभाग के संयुक्त तत्वाधान में सरसों महोत्सव का आयोजन हुआ। इस अवसर पर कार्यक्रम की मुख्य अतिथि कलेक्टर कल्पना अग्रवाल ने कहा कि राज्य सरकार ने प्रदेश के हर जिले की स्थानीय क्षमताओं को पहचान कर उनका सर्वांगीण विकास करने की अभिनव पहल पंच गौरव कार्यक्रम है। उन्होंने कहा कि किसान खेती के साथ उद्यमिता की ओर बढ़े तो अनकी आय कई गुना बढ़ सकती है। साथ ही कई लोगों को रोजगार भी मिलेगा। उन्होंने कृषि शिक्षा की पढ़ाई कर रहे विद्यार्थियों को प्रेरित करते हुए कहा कि कृषि विभाग की योजनाओं का लाभ लेकर सरसों में एंटरप्रेन्योरशिप (उद्यमिता) को लेकर नवाचार करें। पूंजी और संसाधनों का प्रबंधन कर जिले के आर्थिक विकास को गति दे। इससे पूर्व कलेक्टर ने कृषि ऑडिटोरियम में कृषि से जुड़े व्यवसायों से संबंधित स्टॉल पर जाकर उद्यमियों से संवाद किया। बोले- टोंक सरसों उगाने में पहले स्थान पर कृषि विभाग के संयुक्त निदेशक विरेन्द्र सिंह सोंलकीं ने कहा कि टोंक जिले में रबी सीजन में 4 लाख 70 हजार हैक्टयर क्षेत्र में बुवाई की जाती है। जिसमें से 3 से 3.25 लाख हैक्टयर मेें सरसों की फसल की बुवाई होती है। यह लगभग 65 प्रतिशत है। प्रदेश में जिला सरसों उत्पादन में प्रथम पायदान पर है। जिले में 6 लाख टन सरसों की पैदावार होती है। जिले से कृषि उपज में प्रति हैक्टयर पैदावार को बढ़ाने के लिए प्रयास किए जा रहे है। उन्होंने सरकार की योजनाओं की जानकारी देते हुए कहा कि कृषि विभाग सरसों को लेकर नवाचार कर रहा है। किसान इन नवाचारों को अपनाकर खेती की उपज को बढ़ाएं। उन्होंने सरसों की खेती के साथ जिले में मधुमक्खी पालन व्यवसाय के बारे में विस्तार से जानकारी दी। कीड़ों से बचाने की विधियां बताई इस दौरान कर्ण नरेन्द्र कृषि विश्वविद्यालय जोबनेर से आये विषय विषेशज्ञ डॉ. मनोहर राम द्वारा सरसों की विभिन्न किस्में एवं उत्पादन तकनीकी के बारे मे जानकारी दी गई। डॉ. मुकेश निटारवाल द्वारा सरसों फसल मे लगने वाले कीट, व्याधियों एवं उनके नियत्रंण की विधियां बताई गई। कृषि विज्ञान केन्द्र वनस्थली के कृषि वैज्ञानिक बंशीधर चौधरी ने किसानों को खेती में फसल व भूमि चक्र अपनाने के सुझाव दिए। उद्यान विभाग के उप निदेशक चन्द्र्रप्रकाश बढ़ाया ने प्रधानमंत्री सुरक्षा खाद्य प्रसंस्करण उद्यम उन्नयन योजना व खाद्य प्रसंस्करण के तकनीकी व वित्तीय पहलुओं के बारे में बताया। आत्मा परियोजना के सहायक निदेशक दिनेश बैरवा ने जिले में मधुमक्खी पालन व्यवसाय की संभावनाओं पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि कम लागत अैर कम जमीन से शुरु किया जाने वाला यह लाभकारी व्यवसाय है, जो शहद के साथ मोम, रॉयल जैली और पराग जैसे उत्पाद प्रदान करता है। सरकार इस व्यवसाय के लिए सब्सिडी भी देती है। कार्यक्रम में पीपलू से आए किसान नारायण सांखला ने सरसों की तुड़ी के उपयोग के बारे में बताया। कृषि महाविद्यालयों में शिक्षा प्राप्त कर रही छात्रा प्रिया, अक्षिता, पाली शर्मा एवं छात्र हर्षित प्रजापत ने बताया कि सरसों महोत्सव से हमें कृषि से जुड़े उद्योग, ग्रामीण रोजगार के बारे में जानकारी मिली है। इस दौरान उन्होंने कृषि से जुड़े अपने विचारों को भी व्यक्त किया। इस दौरान बड़ी संख्या किसान, पशुपालक एवं कृषि महाविद्यालयों से जुड़े छात्र-छात्राए मौजूद रहें।

