पाली में चोरी करने के बाद आरोपी गहने और पिस्टल को सुनसान इलाके में गड्ढा खोदकर छुपाता था। पुलिस ने उसकी निशानदेही पर गड्ढा खोदकर करीब एक किलो चांदी के गहने, अवैध पिस्टल और 14 कारतूस बरामद किए हैं। पूछताछ में आरोपी ने बताया कि चोरी के दौरान कोई पंगा हो जाए तो लोगों को डराने के लिए वह पिस्टल साथ रखता था। पुलिस ने 3 अगस्त की रात रावत नगर में मकान में हुई नकबजनी के मामले में आरोपी को गिरफ्तार किया है। रावत नगर में मकान में हुई थी चोरी औद्योगिक नगर थाना SHO निरमा विश्नोई ने बताया- रावत नगर में 3 अगस्त की रात चोरों ने एक मकान को निशाना बनाया था। पुलिस ने मामला दर्ज कर चोरों की तलाश के लिए टीम बनाई। वारदात वाली रात मकान के आसपास लगे CCTV कैमरों की फुटेज खंगाली गई, जिसमें चार संदिग्ध नजर आए। मुखबिर से आरोपी के पाली में होने की जानकारी मिली जांच में पता चला कि राजसमंद जिले के कुम्हार मोहल्ला का रहने वाला आरोपी मोहसीन उर्फ तूफान (26) पुत्र इस्माइल खान पाली में आया हुआ है। पुलिस ने उसे पकड़कर पूछताछ की। आरोपी ने अपने साथियों के साथ मिलकर चोरी करना कबूल किया। इसके बाद उसे गिरफ्तार कर सोमवार को मेडिकल के लिए पाली के बांगड़ हॉस्पिटल ले जाया गया। गड्ढा खोदकर चोरी के गहने और पिस्टल छुपाई पूछताछ में आरोपी ने बताया कि वारदात के बाद उसने औद्योगिक नगर थाना क्षेत्र के ही एक सुनसान इलाके में गड्ढा खोदकर चोरी के गहने और वारदात के दौरान साथ रखी पिस्टल व जिंदा कारतूस छुपा दिए थे। आरोपी ने पुलिस को यह भी बताया कि चोरी के दौरान कोई पंगा हो जाए तो लोगों को डराने के लिए वह पिस्टल साथ रखता था। 1 किलो चांदी और 14 कारतूस बरामद आरोपी की जानकारी के बाद पुलिस उसे मौके पर ले गई। उसकी निशानदेही पर गड्ढा खोदकर करीब एक किलो चांदी के गहने, अवैध पिस्टल और 14 कारतूस बरामद किए गए। आरोपी को पकड़ने में औद्योगिक नगर थाने के कॉन्स्टेबल शंकर बोस, शिव कुमार और रमेश कुमार की विशेष भूमिका रही। पुलिस अब चोरी में शामिल उसके बाकी साथियों की तलाश कर रही है।
शिमला जिला परिषद अध्यक्ष-उपाध्यक्ष चुनाव में देरी का मामला हाई कोर्ट पहुंच गया है, जहां सदस्यों ने चुनाव कराने की मांग की है। इस मुद्दे पर मुख्यमंत्री सुक्खू और नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर के बीच तीखी बयानबाजी जारी है।
नूह में ₹25 हजार का इनामी बदमाश गिरफ्तार:अवैध हथियार बरामद, यूपी और हरियाणा में पहले 8 केस दर्ज
नूंह जिले में पुलिस ने 25 हजार रुपए के इनामी बदमाश वसीम को गिरफ्तार किया है। उसे नीमका-बिछौर रोड से पकड़ा है। तलाशी के दौरान उसके पास से एक अवैध देशी कट्टा बरामद हुआ, जिसके बाद उसके खिलाफ 9वां मुकदमा दर्ज किया गया है। यह कार्रवाई नूंह एसपी डॉ. अर्पित जैन के नेतृत्व में 'ऑपरेशन ट्रैक डाउन' के तहत की गई। बिछौर थाना प्रभारी सुखबीर यादव की टीम ने गुप्त सूचना के आधार पर आरोपी को हिरासत में लिया। हरियाणा और यूपी में 8 केस दर्ज थाना प्रभारी सुखबीर यादव ने बताया कि आरोपी वसीम के खिलाफ पहले से ही 8 आपराधिक मुकदमे दर्ज थे। अवैध हथियार मिलने के बाद बिछौर थाने में यह उसका 9वां मामला है। पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार, नूंह जिले में उसके खिलाफ 6 मामले दर्ज हैं, जबकि उत्तर प्रदेश में भी वह 2 मामलों में वांछित था। पुलिस के मुताबिक, वसीम नूंह के 3 मामलों में फिलहाल जमानत पर था, जबकि अन्य मामलों में उसकी तलाश की जा रही थी। उत्तर प्रदेश के कोसी थाना क्षेत्र में उस पर 25 हजार रुपए का इनाम घोषित था। पुलिस अब आरोपी से उसके आपराधिक नेटवर्क और हथियार के स्रोत का पता लगाने के लिए पूछताछ कर रही है और उसे अदालत में पेश कर रिमांड पर लेने की तैयारी कर रही है।
बसपा नेता शरीफ अली अल्वी ने छोड़ी पार्टी:सैकड़ों समर्थकों संग आजाद समाज पार्टी में हुए शामिल
बरेली में विधानसभा चुनाव की तैयारियों के बीच राजनीतिक गतिविधियां तेज हो गई हैं। सोमवार को बसपा के वरिष्ठ नेता शरीफ अली अल्वी अपने सैकड़ों समर्थकों के साथ आजाद समाज पार्टी (कांशीराम) में शामिल हो गए। यह घटना सिविल लाइंस स्थित होटल सीता किरण में आयोजित आजाद समाज पार्टी और भीम आर्मी की बैठक में हुई। संगठन ने इसे बरेली शहर विधानसभा क्षेत्र में अपनी पकड़ मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम बताया है। पार्टी पदाधिकारियों ने शरीफ अली अल्वी और उनके समर्थकों का नीला पटका पहनाकर स्वागत किया। इस अवसर पर अल्वी ने कहा कि वे दबे-कुचले, शोषित और अल्पसंख्यक वर्ग की आवाज उठाने के लिए आजाद समाज पार्टी में शामिल हुए हैं। उन्होंने बताया कि पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष चंद्रशेखर आजाद और भीम आर्मी के राष्ट्रीय अध्यक्ष विनय रतन सिंह की संघर्षशील कार्यशैली से प्रभावित होकर उन्होंने यह निर्णय लिया है। बैठक के दौरान, आजाद समाज पार्टी के नेताओं ने भाजपा सरकार की नीतियों पर भी सवाल उठाए। वक्ताओं ने बेरोजगारी, महंगाई और कानून-व्यवस्था के मुद्दों पर सरकार की आलोचना की। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार की नीतियों के कारण आम जनता और युवाओं को समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। पार्टी नेताओं ने घोषणा की कि इन मुद्दों को लेकर संगठन सड़क से लेकर सदन तक अपनी आवाज बुलंद करेगा। शरीफ अली अल्वी के साथ बड़ी संख्या में समर्थकों के शामिल होने से आजाद समाज पार्टी में उत्साह है। पार्टी नेताओं ने दावा किया कि इससे बरेली शहर विधानसभा क्षेत्र में संगठन का जनाधार बढ़ेगा। कार्यकर्ताओं ने बूथ और क्षेत्र स्तर पर संगठन को मजबूत करने तथा पार्टी की नीतियों को जनता तक पहुंचाने का संकल्प लिया। इस बैठक में आजाद समाज पार्टी और भीम आर्मी के मंडल व जिला स्तर के पदाधिकारी, जिनमें अजय प्रधान, अमर सिंह, अच्छन अंसारी, मनोज सागर और अतुल बाल्मीकि शामिल थे, बड़ी संख्या में कार्यकर्ता और नए सदस्य मौजूद रहे।
जशपुर जिले के पत्थलगांव थाना क्षेत्र में पुलिस ने रथ मेला में जुआ खेलने वालों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। ग्राम सूरजगढ़ ऊपरपारा में आयोजित रथ मेला में खुड़खुड़िया पट्टी और गोटी के जरिए जुआ खेलाने वाले 7 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने दो अलग-अलग जुआ फड़ों पर दबिश देकर कुल ₹77,240 कैश सहित जुआ खेलने में इस्तेमाल सामान जब्त की है। सभी आरोपियों को न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया है। जानिए क्या है पूरा मामला पुलिस के अनुसार, 8 अगस्त को मुखबिर से सूचना मिली थी कि सूरजगढ़ ऊपरपारा रथ मेला में कुछ लोग खुड़खुड़िया के माध्यम से रुपए-पैसे का दांव लगवाकर जुआ खिला रहे हैं। इस सूचना पर वरिष्ठ अधिकारियों को अवगत कराया गया। इसके बाद निरीक्षक विनीत कुमार पाण्डेय के नेतृत्व में सउनि लखेश कुमार साहू और पुलिस टीम मौके पर पहुंची और घेराबंदी कर कार्रवाई की। मौके पर सार्वजनिक सीसी रोड पर पेट्रोमैक्स की रोशनी में दो अलग-अलग जुआ फड़ संचालित पाए गए। पुलिस को देखकर कुछ जुआरी मौके से फरार हो गए, लेकिन जुआ खेलाने वाले सात आरोपियों को पकड़ लिया गया। ये 7 आरोपी पकड़ाए पहले फड़ से निराकार खुटिया, विजय भगत, अगस्तु भगत और नितेश किण्डो के कब्जे से ₹42,810 बरामद हुए। वहीं, दूसरे फड़ से दिलीप खलखो, अकबर किण्डो और रंजीत किण्डो के कब्जे से ₹34,430 जब्त किए गए। इस प्रकार दोनों फड़ों से कुल ₹77,240 नकद बरामद हुए। पुलिस ने मौके से खुड़खुड़िया पट्टी, 6 नग प्लास्टिक की गोटी, बांस की टोकरी, प्लास्टिक की चटाई और करीब 3 लीटर क्षमता का लाल रंग का पेट्रोमैक्स गैस लैंप सहित जुआ खेलने व खेलाने में इस्तेमाल होने वाली अन्य सामग्री भी जब्त की। गिरफ्तार आरोपियों में निराकार खुटिया (27), विजय भगत (44), अगस्तु भगत (45), नितेश किण्डो (34), दिलीप खलखो (30), अकबर किण्डो (43) और रंजीत किण्डो (36) शामिल हैं। सभी पत्थलगांव थाना क्षेत्र के अलग-अलग गांवों के निवासी हैं। जुआ एक्ट के तहत एक्शन आरोपियों के खिलाफ थाना पत्थलगांव में अपराध क्रमांक 168/2026 और 169/2026 के तहत छत्तीसगढ़ जुआ प्रतिषेध अधिनियम 2022 की धारा 3(2), 4 एवं 6 के अंतर्गत दो अलग-अलग मामले दर्ज किए गए हैं। विवेचना के बाद 9 अगस्त को सभी सात आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया। जुआ-सट्टे पर पुलिस की नजर एसएसपी डॉ. लाल उमेद सिंह ने बताया कि पत्थलगांव क्षेत्र के मेले में खुड़खुड़िया के माध्यम से जुआ खिलाने वाले सात आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेजा गया है। उन्होंने कहा कि जिले में जुआ-सट्टा जैसी अवैध गतिविधियों पर पुलिस की लगातार नजर है और ऐसे अपराधों में संलिप्त लोगों के खिलाफ कार्रवाई जारी रहेगी।
श्योपुर में मूंझरी वृहद सिंचाई परियोजना के तहत प्रस्तावित बांध निर्माण और भूमि अधिग्रहण को लेकर सोमवार को किसानों व जनप्रतिनिधियों की बैठक हुई। एनआईसी कक्ष में कलेक्टर शीला दाहिमा की अध्यक्षता में हुई बैठक में किसानों ने परियोजना से जुड़े विभिन्न मुद्दे उठाए। कलेक्टर ने किसानों के हितों और समस्याओं का ध्यान रखने का आश्वासन दिया। 99 हेक्टेयर निजी भूमि अधिग्रहण का मुद्दा उठा बैठक में मूंझरी बांध निर्माण के लिए करीब 99 हेक्टेयर निजी भूमि के अधिग्रहण का मुद्दा प्रमुखता से उठाया गया। किसानों ने भूमि अधिग्रहण से जुड़ी अपनी चिंताएं अधिकारियों के सामने रखीं। कलेक्टर शीला दाहिमा ने किसानों से चर्चा करते हुए कहा कि भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया में उनके हितों और समस्याओं का पूरा ध्यान रखा जाएगा। बैठक में डीएफओ सामान्य केएस रंधा, भाजपा जिला अध्यक्ष शशांक भूषण, पूर्व विधायक दुर्गालाल विजय, भाजपा प्रदेश कार्य समिति सदस्य महावीर सिंह सिसौदिया, पूर्व जिला अध्यक्ष सुरेंद्र जाट, जिला महामंत्री संजय अकोदिया और किसान मोर्चा जिला अध्यक्ष गौरीशंकर मीणा सहित अन्य जनप्रतिनिधि और मूंझरी क्षेत्र के किसान मौजूद रहे। स्टेज-2 की स्वीकृति प्रक्रियाधीन कार्यपालन यंत्री जल संसाधन चैतन्य चौहान ने बताया कि अहेली नदी पर प्रस्तावित मूंझरी बांध के लिए पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्रालय, भारत सरकार की ओर से 22 जुलाई 2026 को स्वीकृति जारी की गई है। उन्होंने बताया कि परियोजना के तहत आने वाली 740.159 हेक्टेयर वन भूमि के लिए स्टेज-1 की सैद्धांतिक स्वीकृति 15 अप्रैल 2026 को जारी हो चुकी है। अब स्टेज-2 की कार्रवाई प्रक्रियाधीन है। इसके पूरा होने के बाद अनुबंधित निर्माण एजेंसी द्वारा बांध निर्माण का काम शुरू किया जा सकेगा। 11,575 हेक्टेयर क्षेत्र को मिलेगी सिंचाई सुविधा करीब 414.79 करोड़ रुपए की लागत से मूंझरी के पास अहेली नदी पर बांध का निर्माण प्रस्तावित है। परियोजना से बड़ौदा और कराहल तहसील क्षेत्र के 11,575 हेक्टेयर क्षेत्र में सिंचाई सुविधा उपलब्ध कराने की योजना है। परियोजना में 4.56 मिलियन घन मीटर पानी पेयजल के लिए आरक्षित रखा जाएगा। अधिकारियों के अनुसार, इससे करीब एक लाख लोगों को पेयजल सुविधा मिल सकेगी। परियोजना पूरी होने के बाद क्षेत्र में सिंचाई और पेयजल की सुविधा बढ़ने की उम्मीद है।
केले की खेती से 20 लाख तक मुनाफा:हाइड्रोपोनिक स्ट्रॉबेरी से लाखों की कमाई, पांच किसान सम्मानित
आचार्य नरेंद्र देव कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय, कुमारगंज में सोमवार 10 अगस्त को आयोजित दीक्षांत समारोह में राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने अयोध्या और सुल्तानपुर जनपद के पांच प्रगतिशील किसानों तथा उत्कृष्ट कार्य करने वाले विश्वविद्यालय के दो शिक्षकों को सम्मानित किया। किसानों को कृषि, उद्यान, प्राकृतिक खेती, मूल्य संवर्धन, फसल विविधीकरण और आधुनिक कृषि तकनीक के क्षेत्र में उल्लेखनीय कार्यों के लिए प्रमाण पत्र प्रदान किए गए। सुल्तानपुर के बल्दीराय विकासखंड स्थित जराई गांव की महिला कृषक उषा सिंह को जूट आधारित उत्पाद तैयार करने, स्वयं सहायता समूह संचालित करने और दलहनी फसलों को बढ़ावा देने के लिए सम्मानित किया गया। नदौली गांव के जमील अहमद औद्यानिक फसलों की खेती के साथ मोटे अनाजों का मूल्य संवर्धन कर मल्टीग्रेन आटा तैयार करते हैं। उन्होंने खेत में तालाब बनाकर सीप से मोती उत्पादन, प्राकृतिक खेती और कृषि उत्पादों के मूल्य संवर्धन में भी नवाचार किया है। अयोध्या के तारुन ब्लॉक के करनाईपुर गांव निवासी राज बहादुर वर्मा केले की खेती से प्रतिवर्ष करीब 15 से 20 लाख रुपये का शुद्ध लाभ अर्जित कर रहे हैं। वे गन्ने के साथ चना, मटर, आलू, सरसों, बैंगन, खीरा, कद्दू, मिर्च और पत्तागोभी की अंतःफसली खेती करते हैं। मवई ब्लॉक के संडवा गांव की शबीना खातून बेमौसमी सब्जियों के साथ धान-गेहूं की खेती कर सालाना छह से सात लाख रुपये कमाती हैं। वह हाइड्रोपोनिक तकनीक से स्ट्रॉबेरी और शिमला मिर्च उगाने के साथ ड्रोन से छिड़काव करती हैं। अमानीगंज के पूरा बली गांव की हिमांशु केले के रेशों से विभिन्न हैंडलूम उत्पाद तैयार करती हैं। समारोह में कृषि महाविद्यालय की सह प्राध्यापक डॉ. सुप्रिया और उद्यान एवं वानिकी महाविद्यालय के सहायक प्राध्यापक डॉ. जगबीर सिंह को उत्कृष्ट कार्य के लिए प्रमाण पत्र और पांच-पांच हजार रुपये का चेक देकर सम्मानित किया गया।
बैरिकेडिंग तोड़कर झारखंड विधानसभा गेट पर पहुंचे आंदोलनकारी छात्र, देखें बवाल
झारखंड में प्रदर्शन कर रहे छात्रों के प्रदर्शन के दौरान सोमवार को भारी हंगामा हुआ. रांची में विधानसभा गेट पर छात्रों ने धावा बोल दिया. पुलिस के लाठीचार्ज और आंसू गैस के बावजूद हजारों छात्र बैरिकेडिंग तोड़कर विधानसभा गेट पर पहुंच गए. इससे पहले पुलिस ने टियर गैस और वॉटर केनन का भी इस्तेमाल किया. देखें वीडियो.
अंकिता हत्याकांड: पुलकित आर्य समेत तीनों अभियुक्तों की जमानत याचिका खारिज, जेल में ही रहेंगे
उत्तराखंड हाई कोर्ट ने अंकिता भंडारी हत्याकांड के मुख्य अभियुक्त पुलकित आर्य समेत तीनों आरोपियों की जमानत याचिकाओं पर सुनवाई की।
बारिश की कमी से धान के खेतों में पड़ी दरारें:रामपुर में फसलें प्रभावित, किसानों की बढ़ी चिंता
मानसून की दस्तक के बावजूद रामपुर में धान की फसल को पर्याप्त बारिश नहीं मिल पा रही है। खेतों में पानी की कमी के चलते कई जगह मिट्टी में दरारें पड़ने लगी हैं, जिससे किसानों की चिंता बढ़ गई है। सोमवार शाम करीब पांच बजे जिला मुख्यालय से लगभग पांच किलोमीटर दूर बमनपुरी गांव में खेतों का जायजा लेने पहुंची टीम को किसानों ने बताया कि इस बार बारिश कम होने की आशंका के चलते उन्होंने धान की फसल का रकबा पहले ही घटा दिया था। किसानों के मुताबिक बारिश रुक-रुककर और टुकड़ों में हो रही है, जिससे खेतों में पर्याप्त नमी नहीं बन पा रही है। कई ऐसे खेत भी हैं, जहां बोरिंग होने के बावजूद पर्याप्त पानी नहीं मिल रहा है। वहीं, महंगे डीजल के कारण किसान इंजन चलाकर लगातार सिंचाई करने की स्थिति में नहीं हैं। किसानों का कहना है कि धान की फसल के लिए इस समय पर्याप्त पानी बेहद जरूरी है और यदि आने वाले दिनों में अच्छी बारिश नहीं हुई तो उत्पादन प्रभावित होने की आशंका है। ऐसे में किसान अब आसमान की ओर टकटकी लगाए हुए हैं। जिला कृषि अधिकारी कुलदीप सिंह राणा ने बताया कि पिछले वर्ष की तुलना में इस बार जिले में बेहतर बारिश हुई है और मानसून सक्रिय है। उन्होंने आने वाले दिनों में अच्छी बारिश होने की उम्मीद जताते हुए कहा कि पर्याप्त बारिश होने पर धान की फसल को राहत मिलेगी। फिलहाल किसान मानसून के जोर पकड़ने और खेतों को पर्याप्त पानी मिलने की उम्मीद लगाए बैठे हैं।
छत्तीसगढ़-महाराष्ट्र बॉर्डर के पास गढ़चिरौली जिले में सांप के काटने से तीन छात्राओं की मौत हो गई। घटना धानोरा तालुका के जपतलाई स्थित एक अनुदानित आश्रमशाला में रात करीब 2 बजे हुई। तीन अन्य छात्राओं का गढ़चिरौली जिला सामान्य अस्पताल में इलाज चल रहा है। मृत छात्राओं की पहचान दीपिका लकड़ा, अनु कोरेटी और सुष्मिता मंडल के रूप में हुई है। वहीं कविता किरंगा, दीपिका मड़ावी और समृद्धि नैताम का इलाज चल रहा है। 16 अन्य स्टूडेंट्स अस्पताल में निगरानी पर घटना के बाद 16 अन्य स्टूडेंट्स को भी एहतियात के तौर पर अस्पताल लाया गया है। उन्हें डॉक्टरों की निगरानी में रखा गया है। बताया जा रहा है कि आश्रमशाला में करीब 5 फीट लंबा जहरीला करैत सांप घुस गया था। घटना की जानकारी मिलने के बाद गढ़चिरौली विधायक मिलिंद नरोटे जिला सामान्य अस्पताल पहुंचे। उन्होंने अस्पताल में भर्ती छात्राओं से जुड़ी जानकारी ली और स्थिति का जायजा लिया।
धौलपुर में छात्राओं को आत्मरक्षा का प्रशिक्षण:साइबर ठगी से बचाव और कानूनी अधिकारों की दी जानकारी
धौलपुर में राजस्थान पुलिस के महिला सुरक्षा संकल्प कार्यक्रम के तहत सोमवार को छात्राओं के लिए जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस कार्यक्रम में उन्हें आत्मरक्षा के गुर सिखाए गए और साइबर ठगी से बचाव की जानकारी दी गई। कार्यक्रम का आयोजन पुलिस अधीक्षक विकास सांगवान के निर्देशन और अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक वैभव शर्मा के सुपरविजन में हुआ। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक वैभव शर्मा और आरपीएस मिताली गर्ग ने दीप प्रज्वलित कर इसका शुभारंभ किया। कार्यक्रम के दौरान महिला पुलिसकर्मियों ने छात्राओं को आत्मरक्षा की विभिन्न तकनीकों का व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया। महिला कांस्टेबल मुन्नी देवी ने अपनी टीम के साथ आत्मरक्षा का प्रदर्शन किया। उन्होंने छात्राओं को विपरीत परिस्थितियों में घबराने के बजाय आत्मविश्वास के साथ सामना करने और आत्मरक्षा तकनीकों का उपयोग करने के लिए प्रेरित किया। सीनियर महिला हेड कांस्टेबल ने कालिका यूनिट के साथ मिलकर महिला सुरक्षा से जुड़ी पुलिस योजनाओं, महिला बीट व्यवस्था, सहायता तंत्र और महिलाओं के अधिकारों के बारे में जानकारी दी। हेड कांस्टेबल श्रीकांत ने राजकॉप ऐप और महिला हेल्पलाइन 1090 के महत्व पर प्रकाश डाला। हेड कांस्टेबल असलम खान ने साइबर अपराधों से बचाव के उपाय बताए, जिसमें सोशल मीडिया पर सतर्कता, ओटीपी और बैंक संबंधी गोपनीय जानकारी साझा न करना शामिल था। उन्होंने साइबर ठगी होने पर तत्काल हेल्पलाइन नंबर 1930 पर शिकायत दर्ज कराने की सलाह दी। आरपीएस सुखराम विनोई और निहालगंज थाना प्रभारी देवेंद्र शर्मा ने महिला एवं बालिका सुरक्षा से संबंधित कानूनी प्रावधानों की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने महिलाओं और बालिकाओं से जुड़े अपराधों में की जाने वाली कानूनी कार्रवाई के बारे में भी बताया। आरपीएस मिताली गर्ग ने छात्राओं को संबोधित करते हुए कहा कि महिलाओं और बालिकाओं को अपने अधिकारों के प्रति जागरूक रहना चाहिए और आत्मविश्वास के साथ आगे बढ़ना चाहिए। उन्होंने किसी भी प्रकार के अपराध या उत्पीड़न की स्थिति में तत्काल पुलिस को सूचना देने की अपील की। गर्ग ने महिला सुरक्षा के लिए पुलिस के साथ-साथ समाज के प्रत्येक व्यक्ति की सहभागिता को आवश्यक बताया। कार्यक्रम के समापन के बाद, महिला पुलिसकर्मियों ने पुलिस अधीक्षक कार्यालय से एक जागरूकता रैली निकाली। यह रैली गुलाब बाग, लाल बाजार, सराय रोड, जगन तिराहा, हरदेव नगर और घंटाघर से होते हुए वापस पुलिस अधीक्षक कार्यालय पर समाप्त हुई। रैली के माध्यम से महिला एवं बालिका सुरक्षा और साइबर अपराध से बचाव का संदेश दिया गया। इस दौरान पुलिसकर्मी, स्कूल स्टाफ और बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं मौजूद थे।
महेंद्रगढ़ में एसडीएम योगेश सैनी ने आज अपने कार्यालय में उप-मंडल स्तरीय सतर्कता एवं मोनीटरिंग कमेटी की बैठक की अध्यक्षता की। इस बैठक का मुख्य उद्देश्य प्रशासन द्वारा गठित सतर्कता कमेटी की भूमिका और प्राप्त विभिन्न रिपोर्टों की समीक्षा करना था। एसडीएम सैनी ने बताया कि यह कमेटी अनुसूचित जाति/जनजाति (अत्याचार निवारण) अधिनियम के तहत काम करती है। इसका गठन जिला प्रशासन द्वारा प्राप्त रिपोर्टों के पुनरावलोकन और विभिन्न अधिकारियों की भूमिका तय करने के लिए किया गया है। एसडीएम ने बताई आर्थिक सहायता की प्रक्रिया उन्होंने स्पष्ट किया कि इस अधिनियम के तहत गैर-अनुसूचित जाति के व्यक्तियों द्वारा अनुसूचित जाति के व्यक्तियों पर किए गए अत्याचारों के फलस्वरूप आर्थिक सहायता प्रदान की जाती है। यह सहायता ट्यूबवेल की हानि, चल-अचल संपत्ति का नुकसान, स्थायी-अस्थायी अपंगता, बलात्कार और हत्या जैसे विभिन्न प्रकार के अत्याचारों की स्थिति में दी जाती है। एसडीएम ने जानकारी दी कि अनुसूचित जाति/जनजाति (अत्याचार निवारण) अधिनियम 1989, नियम 1995 व 2011 के सेक्शन 3 नियम 12 (4) और राहत राशि के मापदंड 4/2016 के अनुसार, 1 लाख से 8 लाख 25 हजार रुपए तक की राशि प्रदान की जाती है। यह राशि उन मामलों में दी जाती है जिनकी एफआईआर अनुसूचित जाति/जनजाति (अत्याचार निवारण) अधिनियम 1989 के तहत दर्ज की गई हो। ये अधिकारी हुए शामिल उन्होंने बताया कि महेंद्रगढ़ जिले में अप्रैल 2026 से अब तक अत्याचार निवारण अधिनियम 1989 के तहत अनुदान प्राप्त करने के लिए 4 पीड़ितों के आवेदन प्राप्त हुए हैं। इस अवसर पर तहसीलदार अजय कुमार, टीडब्लूओ ममता, क्लर्क मोहित, दीपक, रामभगत और राजेश सहित कई अन्य अधिकारी भी उपस्थित थे।
'जेल के ताले टूटेंगे...', JNU में लगे उमर खालिद की रिहाई के नारे
जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय में उमर खालिद की किताब 'Fractured Communities' पर चर्चा के दौरान JNUSU ने उमर खालिद की रिहाई की मांग को लेकर नारेबाजी की.
NSUI झाबुआ ने RTO को दिया ज्ञापन:विद्यार्थियों के लिए निजी बसों में 50%किराया छूट की मांग
भारतीय राष्ट्रीय छात्र संगठन (NSUI) झाबुआ ने सोमवार को जिला परिवहन कार्यालय पर प्रदर्शन किया। संगठन ने निजी बसों में विद्यार्थियों के लिए 50 प्रतिशत किराया छूट की मांग को लेकर आरटीओ कृतिका मोहटा को ज्ञापन सौंपा। NSUI जिलाध्यक्ष नरवेश अमलियार ने बताया कि झाबुआ जिले के ग्रामीण और दूरदराज के क्षेत्रों से बड़ी संख्या में विद्यार्थी प्रतिदिन निजी बसों से स्कूल और कॉलेज आते हैं। महंगे बस किराए के कारण गरीब और मध्यमवर्गीय परिवारों के छात्रों को आर्थिक परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। अमलियार ने कहा कि सरकार शिक्षा के अवसर उपलब्ध कराने की बात करती है, लेकिन विद्यार्थी बढ़ते यात्रा खर्च से परेशान हैं। उन्होंने जोर दिया कि विद्यार्थियों को निजी बस किराए में 50 प्रतिशत छूट देना कोई एहसान नहीं, बल्कि शिक्षा के अधिकार और छात्र हित से जुड़ी एक आवश्यक मांग है। उन्होंने शासन-प्रशासन से इस मांग पर तत्काल निर्णय लेने की अपील की। संगठन ने चेतावनी दी कि यदि विद्यार्थियों की इस मांग को गंभीरता से नहीं लिया गया, तो NSUI सड़क से लेकर प्रशासन के दरवाजे तक छात्रों की आवाज उठाएगी और चरणबद्ध आंदोलन करने के लिए बाध्य होगी। इस विरोध प्रदर्शन और ज्ञापन सौंपने के दौरान NSUI के जिला महामंत्री विनोद गणावा, NSUI मॉडल कॉलेज प्रभारी मनोश गुण्डिया, छात्र नेता निलेश गणावा, NSUI प्रधानमंत्री कॉलेज ऑफ एक्सीलेंस प्रभारी दीपक मखोडिया, मॉडल कॉलेज अध्यक्ष कान्तिलाल भूरिया, मुकेश मालीवाड़, आशिष भाबोर, आनंद गुण्डिया, अलकेश पारगी, अल्पेश भूरिया, तानसिंह खराड़ी, प्रवीण मुनिया, आशिक दिलीप गुण्डिया, अरुण बबेरिया, अंकित हिहोर, शिवराज कनेश, दीपक मेडा, निलेश मेडा, प्रमेश खराड़ी, अनिल, डेनियल डामोर, और सुनिल डामोर सहित बड़ी संख्या में NSUI कार्यकर्ता एवं विद्यार्थी उपस्थित रहे।
फूलन देवी जयंती पर सपा ने कश्यप समाज को साधा:मैनपुरी में कार्यक्रम कर पार्टी से जोड़ने का दिया संदेश
मैनपुरी में समाजवादी पार्टी ने सोमवार को पार्टी कार्यालय में पूर्व सांसद एवं वीरांगना फूलन देवी की जयंती मनाई। जिलाध्यक्ष आलोक कुमार शाक्य की अध्यक्षता में आयोजित कार्यक्रम में फूलन देवी के संघर्षपूर्ण जीवन, राजनीतिक सफर और समाजवादी पार्टी से उनके जुड़ाव को याद किया गया। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य कश्यप समाज को पार्टी संगठन से जोड़कर सपा को बूथ स्तर तक मजबूत करना रहा। कार्यक्रम संयोजक महेंद्र सिंह कश्यप ने फूलन देवी के सामाजिक और आर्थिक संघर्षों का उल्लेख करते हुए कहा कि उनका जीवन कठिन परिस्थितियों से जूझते हुए आगे बढ़ने का उदाहरण है। वक्ताओं ने कहा कि तत्कालीन मुख्यमंत्री मुलायम सिंह यादव ने फूलन देवी को राजनीति में आगे बढ़ने का अवसर दिया, जिसके बाद वह समाजवादी पार्टी के टिकट पर लोकसभा पहुंचीं और संसद में अपनी राजनीतिक पहचान बनाई। सपा नेताओं ने फूलन देवी की राजनीतिक विरासत को कश्यप समाज के प्रतिनिधित्व और अधिकारों से जोड़ते हुए समाज के लोगों से एकजुट होकर पार्टी को मजबूत करने का आह्वान किया। जिला महासचिव रामनरायन बाथम ने कश्यप समाज से अपने राजनीतिक अधिकारों और भागीदारी के लिए संगठित होकर आगे आने की अपील की तथा कार्यकर्ताओं से बूथ स्तर तक संगठन को मजबूत करने का आग्रह किया। जिलाध्यक्ष आलोक कुमार शाक्य ने कार्यक्रम में मौजूद पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं का आभार जताया। इस दौरान पार्टी से जुड़े सुखवीर सिंह यादव, गंगाराम जाटव और सत्यम यादव का जन्मदिन भी मनाया गया और जिलाध्यक्ष ने उन्हें मिठाई खिलाकर शुभकामनाएं दीं। इस दौरान कार्यक्रम में जय सिंह कश्यप, तोताराम यादव, योगेंद्र सिंह पाल, महाराज सिंह शाक्य, खुमान सिंह वर्मा, देवेंद्र सिंह यादव, अर्पण उर्फ आशू वर्मा, रजनीश मिश्रा, अखिलेश कश्यप, ज्योति मैसी, सुमन दिवाकर, अशोक सिंह चौहान, लक्ष्मी यादव, हरवीर सिंह प्रजापति और हरिप्रकाश यादव समेत बड़ी संख्या में सपा पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता मौजूद रहे।
गौरेला-पेंड्रा-मरवाही जिले में लगातार बारिश के कारण नदी-नालों का जलस्तर बढ़ा हुआ है। इसी बीच खोड़री थाना क्षेत्र के बढ़ावनढांड-पीपरखूंटी मार्ग पर स्थित खूंटी नाले को पार करने की कोशिश में एक बुजुर्ग बाइक सवार तेज बहाव की चपेट में आ गया। बाइक समेत नाले में गिरने के बाद बुजुर्ग ने किसी तरह खुद को संभाला और सुरक्षित बाहर निकल आया। यह घटना ऐसे समय में हुई जब लोग अपनी जान जोखिम में डालकर उफनते नदी-नालों को पार करने से बाज नहीं आ रहे हैं। लगातार बारिश के बाद खूंटी नाले का जलस्तर अचानक बढ़ गया था, जिससे पानी का बहाव काफी तेज हो गया था। पुल के दोनों ओर लोग फंसे हुए थे और जलस्तर कम होने का इंतजार कर रहे थे। जानिए क्या है पूरा मामला इसी दौरान, एक बुजुर्ग बाइक सवार वहां पहुंचा और उफनते नाले को पार करने का प्रयास करने लगा। किनारे पर मौजूद लोगों ने उसे आवाज लगाकर रोकने की कोशिश की और नाला पार न करने की हिदायत दी। हालांकि, बुजुर्ग ने किसी की बात नहीं मानी और अपनी बाइक लेकर तेज बहाव वाले पानी में उतर गया। जैसे ही बाइक नाले के बीच पहुंची, तेज बहाव ने बाइक का संतुलन बिगाड़ दिया। देखते ही देखते बाइक समेत बुजुर्ग पानी में जा गिरे। मौके पर मौजूद लोगों की कुछ पल के लिए सांसें थम गईं। कड़ी मशक्कत के बाद बुजुर्ग पानी से बाहर निकलने में सफल रहा। सुरक्षित बाहर निकला गनीमत रही कि इस हादसे में बुजुर्ग की जान बच गई। यह घटना एक बार फिर बारिश के दौरान उफनते नदी-नालों को पार करने के खतरनाक रवैये को उजागर करती है। तेज बहाव में एक छोटी सी चूक भी जानलेवा साबित हो सकती है। इस पूरी घटना को मौके पर मौजूद ग्रामीणों ने अपने मोबाइल कैमरे में कैद कर लिया। हादसे का यह वीडियो अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।
नरसिंहपुर जिले के सालीचौका रेलवे फाटक 251 स्पेशल पर सोमवार को मूंग से भरी ट्रैक्टर-ट्रॉली रेलवे ट्रैक पर फंस गई। ट्रॉली का हिच टूटने के बाद वह ट्रैक के बीचों-बीच अटक गई। समय रहते जेसीबी की मदद से ट्रॉली को हटा लिया गया, जिससे बड़ा रेल हादसा टल गया। हिच टूटने से ट्रैक पर फंसी ट्रॉली जानकारी के अनुसार, सोमवार को मूंग से भरी ट्रैक्टर-ट्रॉली सालीचौका रेलवे फाटक 251 स्पेशल से गुजर रही थी। इसी दौरान ट्रॉली का हिच टूट गया और ट्रॉली रेलवे ट्रैक के बीचों-बीच फंस गई। ट्रॉली के ट्रैक पर फंसने से रेल यातायात प्रभावित हो गया। अमरकंटक एक्सप्रेस, पवन एक्सप्रेस और दानापुर एक्सप्रेस समेत कई ट्रेनों को एक घंटे से अधिक समय तक रोकना पड़ा। जेसीबी से हटाई गई ट्रॉली घटना की सूचना मिलते ही रेलवे अमला मौके पर पहुंचा। जेसीबी मशीन की मदद से ट्रॉली को रेलवे ट्रैक से हटाया गया। समय रहते ट्रॉली हट जाने से संभावित बड़े हादसे को टाला जा सका। स्थानीय लोगों के अनुसार, रेलवे फाटक के बीच बड़े गड्ढे होने के कारण ट्रैक्टर-ट्रॉली को निकालने में परेशानी हुई। इसी दौरान हिच टूटने के बाद ट्रॉली ट्रैक पर फंस गई। ग्रामीणों ने रेलवे फाटक की जर्जर स्थिति और गड्ढों को लेकर नाराजगी जताई है। उन्होंने फाटक की तत्काल मरम्मत कराने और गड्ढों को ठीक कराने की मांग की है।
अमेठी पुलिस अधीक्षक सरवणन टी. के निर्देश पर मुंशीगंज पुलिस ने दो अलग-अलग मामलों में चार वारंटियों को गिरफ्तार किया है। क्षेत्राधिकारी गौरीगंज अखिलेश वर्मा के नेतृत्व में हुई इस कार्रवाई से फरार चल रहे आरोपियों पर शिकंजा कसा गया है। यह कार्रवाई अपराधियों और वारंटियों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान का हिस्सा है। गिरफ्तार किए गए वारंटियों में पहला मामला मुकदमा संख्या 1458/25 से संबंधित है, जिसमें धारा 147, 323, 341, 452, 504, 506 भादवि के तहत आरोप हैं। इस मामले में रामदीन और अजय कुमार पुत्र राम अशीष, निवासी सारदन मजरे राजापुर कल्याण को दोपहर तीन बजे गिरफ्तार किया गया। दूसरा मामला मुकदमा संख्या 1812/25 से जुड़ा है, जिसमें धारा 323, 504 भादवि के तहत आरोप हैं। इस मामले में राकेश उर्फ हरिकेश और मल्हू उर्फ शिव कुमार पुत्र बद्री, निवासी ग्राम कोहारन का पुरवा मजरे भुसियावां को शाम करीब चार बजे गिरफ्तार किया गया। यह गिरफ्तारी प्रभारी निरीक्षक शिवाकान्त त्रिपाठी के नेतृत्व में उपनिरीक्षक लक्ष्मण सिंह चन्देल, कांस्टेबल नवनीत कुमार, कांस्टेबल विक्रम पाण्डेय और कांस्टेबल अमित कुमार की टीम द्वारा की गई। पुलिस ने सभी गिरफ्तार वारंटियों को न्यायालय में पेश करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। पुलिस अधीक्षक अमेठी सरवणन टी. ने बताया कि जनपद में वांछित अपराधियों और वारंटियों के खिलाफ यह अभियान लगातार जारी रहेगा। उन्होंने स्पष्ट किया कि किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा।
आलीराजपुर जिले के कवटू गांव में सोमवार सुबह एक तेंदुआ खुले कुएं में गिर गया। घटना की जानकारी मिलते ही मौके पर ग्रामीणों की भीड़ जमा हो गई। सूचना पर पहुंची वन विभाग की टीम ने सावधानीपूर्वक रेस्क्यू ऑपरेशन चलाकर तेंदुए को कुएं से सुरक्षित बाहर निकाल लिया। मुर्गे का शिकार कर भागते समय गिरा कुएं में ग्रामीणों के अनुसार तेंदुआ रविवार रात जंगल से भटककर गांव में आ गया था। एक मकान से मुर्गे का शिकार करने के बाद भागते समय अनियंत्रित होकर वह खुले कुएं में जा गिरा। सुबह कुएं में तेंदुए को देखकर ग्रामीणों ने तुरंत वन अमले को सूचित किया। रेस्क्यू के बाद सुरक्षित जंगल में छोड़ा जाएगा जोबट वन परिक्षेत्राधिकारी सुनील मुजाल्दे टीम के साथ मौके पर पहुंचे और तेंदुए को सकुशल बाहर निकाला। अधिकारियों ने बताया कि उच्च अधिकारियों के निर्देश मिलते ही तेंदुए को उसके प्राकृतिक आवास यानी सुरक्षित जंगल में छोड़ दिया जाएगा।
गुरुग्राम में सबसे पॉश इलाके गोल्फ कोर्स रोड की अल्ट्रा लग्जरी सोसाइसी द कैमेलियाज के एक फ्लैट में मेड के साथ मारपीट करने के मामले में पुलिस ने एफआईआर दर्ज कर ली है। पुलिस ने सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो पर संज्ञान जेकर थाना सुशांत लोक में एफआईआर दर्ज की है। पुलिस अब महिला को अरेस्ट करने के लिए कैमेलियाज सोसाइटी पहुंची है। इस खबर को अपडेट किया जा रहा है…………….
आगरा के यमुनापार में नहीं हुई पानी की सप्लाई:पानी को तरसे लोग, कल सुबह पानी मिलने की उम्मीद
आगरा के यमुनापार क्षेत्र में सोमवार सुबह-शाम पानी की सप्लाई नहीं हो सकी। ऐसे में लोग पानी के लिए परेशान हो गए। मंगलवार सुबह पानी सप्लाई हो सकती है। यमुनापार में पानी की सप्लाई करने वाली मेन पाइप लाइन की मरम्मत का काम जारी है। दरअसल, आगरा में मेट्रो के काम के दौरान यमुनापार के ट्रांसयमुना क्षेत्र में पानी की सप्लाई करने वाली मुख्य पाइप लाइन टूट गई है। इसके चलते सोमवार सुबह और शाम को ट्रांसयमुना फेस-1 और फेस-2 में पानी की सप्लाई नहीं हो सकेगी। यहां के लगभग एक लाख लोगों को पानी की समस्या से जूझना पड़ा। इससे पहले रविवार शाम को ट्रांसयमुना क्षेत्र में गंदे पानी की सप्लाई हुई। बदबूदार पानी होने की वजह से लोगों को अपनी टंकियां खाली करनी पड़ी। सोमवार को भी पानी न मिलने की वजह से लोगों के सामने पानी का संकट गहरा गया। मेट्रो के दूसरे कॉरीडोर निर्माण का काम चल रहा है। रामबाग के पास चल रहे इस काम के दौरान रविवार को जलकल विभाग की 700 एमएम की पानी की मुख्य पाइप लाइन टूट गई। इस पाइप लाइन से यमुनापार के बड़े एरिया में पानी की सप्लाई होती है। पाइप लाइन टूटते ही आसपास के क्षेत्र में पानी भर गया। बताया जा रहा है कि यहां काम करने से पहले उत्तर प्रदेश मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन (यूपीएमआरसी) के अधिकारियों ने जलकल को इसकी कोई सूचना नहीं दी थी। बिना किसी सूचना के ही यूपीएमआरसी की टीम ने यहां खुदाई शुरू कर दी। जिस जगह खुदाई की जा रही थी, वहां से जीवनी मंडी वाटर वर्क्स से यमुनापार को जलापूर्ति करने वाली पानी की मुख्य पाइप लाइन गुजर रही है। पानी की पाइप लाइन जब टूट गई तो यूपीएमआरसी की टीम ने जलकल विभाग को इसकी सूचना दी। जलकल विभाग के असिस्टेंट इंजीनियर मनीष कुमार ने बताया-पानी की पाइप लाइन का मरम्मत काम शुरू कर दिया गया है। यह काम सोमवार दोपहर बाद तक पूरा होना था लेकिन शाम तक यह काम नहीं हो पाया। ऐसे में सोमवार सुबह-शाम पानी की सप्लाई नहीं हो सकी। अब मंगलवार सुबह पानी मिलने की उम्मीद है।
विधायक शंकर सिंह रावत ने सोमवार को ब्यावर के वार्ड संख्या 44 में जनसंपर्क अभियान चलाया। इस दौरान 'एक पेड़ मां के नाम' कार्यक्रम के तहत पौधारोपण कर अभियान की शुरुआत की गई। बड़ी संख्या में वार्डवासियों ने इसमें भाग लिया और अपनी समस्याएं बताईं। कार्यक्रम में विधायक शंकर सिंह रावत के साथ निवर्तमान सभापति नरेश कनोजिया, पूर्व मंडल अध्यक्ष जय किशन बलदुआ, मंगत सिंह मोनू, वीरेन्द्र सिंह रावत और गोपाल रावत सहित कई गणमान्य नागरिक और भाजपा कार्यकर्ता उपस्थित रहे। अतिथियों ने पर्यावरण संरक्षण, स्वच्छता और वार्ड के सर्वांगीण विकास के लिए आमजन की भागीदारी को महत्वपूर्ण बताया। उन्होंने नागरिकों से अधिक से अधिक पौधे लगाने और उनकी नियमित देखभाल करने का आह्वान किया। इस अवसर पर वार्डवासी तुलसीराम शर्मा (गड्डू शर्मा) ने बताया कि जनसंपर्क अभियान के दौरान वार्डवासियों से सीधा संवाद किया गया। उनकी समस्याओं और सुझावों को सुना गया, जिनके समाधान के लिए निरंतर प्रयास करने का आश्वासन दिया गया। कार्यक्रम के आयोजकों ने अभियान को सफल बनाने में सहयोग देने वाले सभी अतिथियों, कार्यकर्ताओं, मातृशक्ति, युवाओं और वार्डवासियों का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि वार्ड के विकास और जनसेवा से जुड़े ऐसे अभियान भविष्य में भी जारी रहेंगे।
हिमाचल प्रदेश कांग्रेस कमेटी संगठनात्मक विस्तार करने जा रही है, जिसमें लगभग चालीस नए पदाधिकारियों को तैनात किया जाएगा। प्रदेश अध्यक्ष विनय कुमार ने दिल्ली में रजनी पाटिल से इस संबंध में विस्तृत चर्चा की।
रोटरी क्लब मेरठ ने कांवड़ शिविर में सेवा की:स्टील के गिलास बांटकर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया
मेरठ में रोटरी क्लब मेरठ ने शिवाजी सेवा संस्थान द्वारा बेगम ब्रिज रोड पर आयोजित कांवड़ सेवा शिविर में शिवभक्त कांवड़ियों की सेवा की। इस दौरान क्लब के सदस्यों ने कांवड़ियों को विभिन्न सामग्री वितरित की और पर्यावरण संरक्षण का संदेश भी दिया। क्लब के सदस्यों ने शिविर में कांवड़ियों को चॉकलेट और केले बांटे। इसके साथ ही, पर्यावरण को बचाने और प्लास्टिक के उपयोग को कम करने के उद्देश्य से स्टील के गिलास भी भेंट किए गए। यह पहल प्लास्टिक मुक्त वातावरण को बढ़ावा देने के लिए की गई। इस सेवा शिविर में रोटरी क्लब मेरठ के अध्यक्ष एडवोकेट संजय शर्मा, शशि शर्मा, सचिव मनोज कुमार सिंघल, प्रियंका सिंघल, संजय मित्तल, विकास गोयल, वृंदा गोयल, संजीव कुमार, आकाश जैन, रवि चंदन, बसंती रवि चंदन, राजेश अग्रवाल टिंबर वाले, दीपा अग्रवाल, रोटेेरियन सुनील त्यागी, रोटेेरियन जेपी गुप्ता, मिथलेश गुप्ता, रोटेेरियन रविकांत शर्मा, नीरज शर्मा, रोटेेरियन राकेश रस्तोगी और सीए सचिन गोविंद सहित क्लब के कई सदस्य उपस्थित रहे। सभी ने सेवा कार्य में सक्रिय योगदान दिया। रोटरी क्लब मेरठ के अध्यक्ष एडवोकेट संजय शर्मा ने बताया कि रोटरी क्लब हमेशा से ही समाज सेवा के कार्यों में अग्रणी रहा है। उन्होंने कहा कि कांवड़ियों की सेवा के साथ-साथ, क्लब ने इस अवसर पर पर्यावरण संरक्षण का महत्वपूर्ण संदेश देने का भी प्रयास किया है।
सावन के दूसरे सोमवार को छत्तीसगढ़ के चार विधायक अमरकंटक पहुंचे। उन्होंने पवित्र नगरी में मां नर्मदा की विधिवत पूजा-अर्चना की। विधायकों ने देश और छत्तीसगढ़ प्रदेश की सुख, समृद्धि और खुशहाली के लिए प्रार्थना की। इन विधायकों में पत्थलगांव से गोमती साय, बेलतरा से सुशांत शुक्ला और बेमेतरा से दीपेश साहू अपनी पत्नी के साथ शामिल थे। मां नर्मदा के दर्शन और पूजन के बाद, सभी विधायकों ने प्रसिद्ध ज्वालेश्वर महादेव मंदिर में भगवान शिव का जलाभिषेक किया। आत्मिक शांति का अनुभव विधायकों ने अमरकंटक की पवित्र भूमि पर आकर आत्मिक शांति का अनुभव होने की बात कही। उन्होंने मां नर्मदा के चरणों में शीश नवाकर प्रदेशवासियों के बेहतर जीवन के लिए प्रार्थना की। इस दौरान, विधायकों ने धार्मिक आस्था पर सवाल उठाने वाले नेताओं पर भी कटाक्ष किया। उन्होंने कहा कि अमरकंटक में श्रद्धालुओं की भीड़ और उत्साह यह दर्शाता है कि ईश्वर के प्रति लोगों की आस्था अटूट और गहरी है।
सिद्धार्थनगर में सोमवार को राष्ट्रीय कृमि मुक्ति दिवस अभियान का शुभारंभ किया गया। विकासखंड नौगढ़ के कंपोजिट विद्यालय रेहरा में आयोजित कार्यक्रम में जिलाधिकारी शिवशरणप्पा जीएन ने स्वयं बच्चों को कृमिनाशक दवा खिलाकर अभियान की शुरुआत की। दवा सेवन के बाद बच्चों को चॉकलेट वितरित कर उनका उत्साहवर्धन किया गया। इस दौरान स्वास्थ्य, शिक्षा और बाल विकास विभाग के अधिकारियों ने बच्चों को स्वच्छता, पोषण और कृमि संक्रमण से बचाव के प्रति जागरूक किया। जिलाधिकारी ने कहा कि राष्ट्रीय कृमि मुक्ति दिवस केवल सरकारी कार्यक्रम नहीं, बल्कि बच्चों के बेहतर स्वास्थ्य और उज्ज्वल भविष्य से जुड़ा महत्वपूर्ण जनस्वास्थ्य अभियान है। उन्होंने बताया कि कृमि संक्रमण से बच्चों में पोषक तत्वों की कमी, खून की कमी, कमजोरी, थकान और भूख कम लगने जैसी समस्याएं हो सकती हैं, जिसका असर उनके शारीरिक, मानसिक और बौद्धिक विकास के साथ पढ़ाई पर भी पड़ता है। उन्होंने अभिभावकों से अपील की कि किसी भी अफवाह या भ्रांति पर ध्यान न दें और 1 से 19 वर्ष तक के सभी बच्चों एवं किशोरों को कृमिनाशक दवा जरूर खिलाएं। मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. प्रमोद कुमार ने बताया कि जिले में इस वर्ष 1 से 19 वर्ष आयु वर्ग के 12,42,674 बच्चों और किशोरों को दवा खिलाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। इसके लिए सरकारी व सहायता प्राप्त विद्यालयों, आंगनबाड़ी केंद्रों तथा अन्य चिन्हित संस्थानों में प्रशिक्षित शिक्षकों, आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं, आशा बहुओं और स्वास्थ्य कर्मियों की निगरानी में दवा खिलाई जा रही है। उन्होंने बताया कि अभियान के दौरान किसी कारण से दवा लेने से वंचित रह जाने वाले बच्चों और किशोरों के लिए 14 अगस्त 2026 को मॉप-अप राउंड आयोजित किया जाएगा, जिसमें सभी छूटे हुए पात्र लाभार्थियों को दवा दी जाएगी। कार्यक्रम के दौरान डीएम ने बच्चों से संवाद करते हुए नियमित रूप से हाथ धोने, स्वच्छ भोजन करने, व्यक्तिगत स्वच्छता बनाए रखने और आसपास साफ-सफाई रखने की अपील की। उन्होंने अधिकारियों को अभियान को पूरी गंभीरता और गुणवत्ता के साथ संचालित करते हुए प्रत्येक पात्र बच्चे तक दवा पहुंचाना सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। इस अवसर पर सीएमओ डॉ. प्रमोद कुमार, जिला कार्यक्रम अधिकारी साहब यादव समेत स्वास्थ्य, शिक्षा और बाल विकास विभाग के अधिकारी, शिक्षक, आंगनबाड़ी कार्यकर्ता, आशा बहुएं तथा बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं मौजूद रहे।
बच्चों ने हथेलियों पर देशभक्ति संदेश लिखे:'हर घर तिरंगा' अभियान में तिरंगे थीम पर दिखाई रचनात्मकता
जौनपुर में स्वतंत्रता दिवस के मद्देनजर 'हर घर तिरंगा अभियान' के तहत परिषदीय विद्यालयों में विभिन्न रचनात्मक और देशभक्ति से जुड़ी गतिविधियां आयोजित की जा रही हैं। इसी क्रम में मड़ियाहूं विकासखंड के प्राथमिक विद्यालय हिनौती और बक्शा विकासखंड के कंपोजिट विद्यालय सरायखोलेको के छात्र-छात्राओं ने उत्साहपूर्वक भाग लेकर राष्ट्रप्रेम और राष्ट्रीय एकता का संदेश दिया। प्राथमिक विद्यालय हिनौती, मड़ियाहूं में बच्चों ने अपनी हथेलियों पर 'भारत', 'तिरंगा', 'स्वतंत्रता' जैसे देशभक्ति से जुड़े संदेश लिखकर देश के प्रति प्रेम और सम्मान प्रदर्शित किया। विद्यार्थियों ने सामूहिक रूप से अपनी हथेलियां सामने कर तिरंगे के प्रति श्रद्धा और राष्ट्रप्रेम की भावना व्यक्त की। यह रचनात्मक प्रस्तुति विद्यालय परिसर में आकर्षण का केंद्र बनी रही। जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी समीर के निर्देश और खंड शिक्षा अधिकारी उदयभान कुशवाहा के मार्गदर्शन में यह गतिविधि आयोजित की गई। विद्यालय के शिक्षकों ने बताया कि ऐसी गतिविधियों का उद्देश्य विद्यार्थियों में शिक्षा के साथ-साथ देशभक्ति, राष्ट्रीय एकता, सामाजिक मूल्यों और राष्ट्रीय ध्वज के सम्मान की भावना विकसित करना है। यह विद्यालय हिनौती गांव में स्थित है और कक्षा एक से पांच तक के बच्चों को शिक्षा प्रदान करता है। इसी तरह, कंपोजिट विद्यालय सरायखोलेको, बक्शा में भी 'हर घर तिरंगा अभियान' के तहत बच्चों ने तिरंगे की थीम पर आकर्षक फ्रेम तैयार कर अपनी रचनात्मक प्रतिभा का प्रदर्शन किया। विद्यार्थियों ने रंगों और कलात्मक प्रस्तुति के माध्यम से राष्ट्रीय एकता, देशप्रेम और तिरंगे के सम्मान का संदेश दिया। खंड शिक्षा अधिकारी नीरज श्रीवास्तव ने बच्चों की इस रचनात्मक पहल की सराहना की। उन्होंने कहा कि ऐसे आयोजन विद्यार्थियों में देशभक्ति और राष्ट्रीय भावना को मजबूत करने के साथ ही उनकी रचनात्मक क्षमता को भी विकसित करते हैं।
झज्जर पुलिस कमिश्नरेट की सीआईए टीम ने अवैध शराब की तस्करी के खिलाफ कार्रवाई करते हुए बड़ी मात्रा में अंग्रेजी शराब बरामद की है। पुलिस ने शराब से भरी एक मारुति वैगनआर कार को पकड़कर दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। कार से 9 कट्टों में कुल 1800 पव्वे अवैध अंग्रेजी शराब बरामद हुए हैं। पुलिस ने शराब तस्करी में इस्तेमाल कार को भी कब्जे में ले लिया है। मुखबिर की सूचना पर नाकाबंदी कर पकड़ी कार पुलिस के अनुसार, डीसीपी क्राइम शुभम सिंह के दिशा-निर्देशन में अवैध शराब की तस्करी के खिलाफ अभियान चलाया जा रहा है। इसी अभियान के तहत सीआईए झज्जर की टीम गश्त के दौरान थाना शहर झज्जर क्षेत्र में मौजूद थी। इसी दौरान पुलिस को मुखबिर खास से सूचना मिली कि सफेद रंग की वैगनआर कार में अवैध शराब भरकर लाई जा रही है। सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने नाकाबंदी कर संदिग्ध कार को रुकवाया और उसकी तलाशी ली। हर कट्टे में 200 पव्वे, कुल 1800 पव्वे मिले तलाशी के दौरान कार से 9 कट्टे बरामद हुए। पुलिस के मुताबिक प्रत्येक कट्टे में 200 पव्वे अंग्रेजी शराब के थे। इस तरह कुल 1800 पव्वे अवैध शराब बरामद की गई। पुलिस ने शराब के नमूने लेने के बाद बाकी शराब को कब्जे में ले लिया और कार को भी जब्त कर लिया। दोनों आरोपियों को अदालत में पेश कर 3 दिन के रिमांड पर लिया सीआईए झज्जर प्रभारी निरीक्षक अमित कुमार ने बताया कि मामले में थाना शहर झज्जर में केस दर्ज किया गया है। पुलिस ने अशोक निवासी बेलसर, जिला नलबाड़ी, असम और विकास निवासी तुम्बाहेड़ी, जिला झज्जर को गिरफ्तार किया है। दोनों आरोपियों को अदालत में पेश किया गया, जहां से उन्हें 3 दिन के पुलिस रिमांड पर लिया गया है। पुलिस अब आरोपियों से शराब की सप्लाई के स्रोत और इसे कहां पहुंचाया जाना था, इस संबंध में पूछताछ कर रही है।
बिल्हौर स्टेशन पर ट्रेन से गिरकर युवक की मौत:कन्नौज का किसान ससुराल से लौट रहा था
बिल्हौर रेलवे स्टेशन पर सोमवार सुबह एक दर्दनाक हादसे में कन्नौज निवासी युवक की ट्रेन की चपेट में आने से मौत हो गई। सूचना मिलते ही रेलवे पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। हादसे की खबर मिलते ही परिजनों में कोहराम मच गया। कन्नौज जनपद के कुतलूपुर गांव निवासी 35 वर्षीय शेष कुमार शुक्ला खेती-बाड़ी कर परिवार का भरण-पोषण करते थे। उनके पिता राजेश शुक्ला कैंसर से पीड़ित हैं। परिवार में मां रेखा, पत्नी शिवानी और करीब डेढ़ वर्ष की एक बेटी है। परिजनों के अनुसार शेष कुमार रविवार को अपनी ससुराल शिवराजपुर गए थे। सोमवार सुबह वह बर्राजपुर स्टेशन से पैसेंजर ट्रेन पकड़कर कन्नौज के लिए रवाना हुए। ट्रेन जब बिल्हौर स्टेशन पर रुकी तो वह किसी कारणवश नीचे उतर गए। कुछ देर बाद ट्रेन चलने लगी तो उन्होंने दोबारा डिब्बे में चढ़ने का प्रयास किया। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार स्टेशन के पश्चिमी छोर पर अलंकार पैलेस के सामने चलती ट्रेन में चढ़ते समय उनका पैर फिसल गया, जिससे वह ट्रेन की चपेट में आ गए। हादसा इतना गंभीर था कि मौके पर ही उनकी मौत हो गई। घटना की सूचना मिलते ही रेलवे पुलिस मौके पर पहुंची और आवश्यक कार्रवाई करते हुए शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पुलिस हादसे के कारणों की जांच कर रही है। उधर, युवक की असमय मौत से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है और गांव में भी शोक का माहौल है।
कटनी के ढीमरखेड़ा मुख्यालय में शासकीय आईटीआई भवन निर्माण और स्थानीय शासकीय महाविद्यालय में स्नातकोत्तर (M.A. एवं M.Sc.) की कक्षाएं शुरू कराने की मांग को लेकर सोमवार को छात्रों ने प्रदर्शन किया। भारतीय राष्ट्रीय छात्र संगठन (NSUI) के बड़वारा विधानसभा अध्यक्ष अवध सिंह यादव के नेतृत्व में बड़ी संख्या में छात्र-छात्राओं और स्थानीय नागरिकों ने तहसील/अनुविभागीय अधिकारी (SDO) को ज्ञापन सौंपा। NSUI अध्यक्ष अवध सिंह यादव ने बताया कि 27 जुलाई 2026 को भी इन मांगों को लेकर शांतिपूर्ण आंदोलन किया गया था। उस समय प्रशासन को उचित कार्रवाई के लिए 10 दिनों की समय-सीमा दी गई थी। हालांकि, समय-सीमा बीत जाने के बाद भी प्रशासन की ओर से कोई सकारात्मक कदम नहीं उठाया गया। यादव ने आरोप लगाया कि प्रशासन के उदासीन रवैये के कारण क्षेत्र के युवाओं को उच्च शिक्षा और तकनीकी प्रशिक्षण से वंचित रहना पड़ रहा है। इसी के विरोध में 10 अगस्त 2026 को यह प्रदर्शन किया गया। छात्रों की प्रमुख मांगों में शासकीय महाविद्यालय में M.A. और M.Sc. कक्षाएं तुरंत शुरू करना शामिल है। उनका कहना है कि इससे क्षेत्र के गरीब, किसान और ग्रामीण परिवारों के बच्चों को स्नातक के बाद आगे की पढ़ाई के लिए दूर-दराज के शहरों में जाने की मजबूरी खत्म होगी। दूसरी मांग स्वीकृत आईटीआई भवन के निर्माण को लेकर है। छात्रों ने जोर दिया कि इसका निर्माण किसी अन्य स्थान पर न कराकर ढीमरखेड़ा मुख्यालय पर ही सुनिश्चित किया जाए, ताकि स्थानीय युवाओं को रोजगारपरक तकनीकी शिक्षा का लाभ मिल सके। छात्र नेताओं और स्थानीय नागरिकों ने प्रशासन को चेतावनी दी है कि यदि इस प्रदर्शन के बाद भी उनकी मांगों पर तुरंत लिखित आदेश या ठोस आश्वासन नहीं दिया जाता, तो आंदोलन जारी रहेगा। उन्होंने आने वाले दिनों में इसे अनिश्चितकालीन चक्काजाम और आमरण अनशन जैसे तीव्र प्रदर्शनों में बदलने की बात कही है।
मेरठ में सावन की कांवड़ यात्रा के मद्देनजर जिलाधिकारी डॉ. वीके सिंह ने अधिकारियों के साथ रजवाहा कांवड़ मार्ग का स्थलीय निरीक्षण किया। उन्होंने शिवभक्तों की सुविधा, सुरक्षा और सुगम यात्रा सुनिश्चित करने के लिए प्रशासन द्वारा की गई व्यवस्थाओं का जायजा लिया। डीएम ने रार्धना से सरूरपुर तक मार्ग का निरीक्षण किया और कांवड़ शिविरों में जाकर संचालकों से सुविधाओं की जानकारी ली। निरीक्षण के दौरान, जिलाधिकारी ने कांवड़ मार्ग पर स्थापित स्वास्थ्य शिविरों का भी जायजा लिया। उन्होंने दवाइयों के स्टॉक, प्राथमिक उपचार की व्यवस्था और स्वास्थ्यकर्मियों द्वारा कांवड़ियों को दी जा रही सेवाओं की जानकारी ली। आकस्मिक परिस्थितियों में त्वरित उपचार सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए गए। जिलाधिकारी ने रास्ते में कांवड़ियों से सीधे बातचीत कर यात्रा के दौरान मिल रही सुविधाओं का फीडबैक लिया। उन्होंने पेयजल, विश्राम, स्वास्थ्य सेवाओं और मार्ग की व्यवस्था को लेकर शिवभक्तों से जानकारी ली और पूछा कि शिविरों में व्यवस्थाएं कैसी हैं। अधिकारियों की टीम को अपने बीच पाकर कांवड़ियों ने भी उत्साहपूर्वक अपनी बात रखी। जिलाधिकारी ने शिवभक्तों को फ्रूटी, पानी की बोतलें और प्रसाद वितरित किया। इस पहल से कांवड़ियों के चेहरों पर खुशी दिखाई दी। कांवड़ यात्रा के अंतिम चरण में शिवभक्तों की संख्या लगातार बढ़ रही है। इसे देखते हुए प्रशासन सुरक्षा, यातायात, स्वच्छता, पेयजल, प्रकाश और स्वास्थ्य सेवाओं को सुचारु बनाए रखने पर विशेष ध्यान दे रहा है। जिलाधिकारी ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि कांवड़ मार्गों पर व्यवस्थाएं सुदृढ़ रखी जाएं और शिवभक्तों को हर संभव सुविधा उपलब्ध कराई जाए।
बालोद-दल्लीराजहरा मार्ग पर एक तेज रफ्तार ट्रक ने सड़क पर बैठे मवेशियों के झुंड को कुचल दिया। इस हादसे में 8 मवेशियों की मौके पर ही मौत हो गई। टक्कर इतनी भीषण थी कि हाईवे पर मवेशियों के शव बिखर गए। गौसेवक अजय यादव के अनुसार, यह घटना गोंदली केनाल के आगे हुई। हादसे के बाद, मृत मवेशियों को जेसीबी की मदद से सड़क से हटाकर दफन किया गया। यह बालोद शहर और आसपास के मार्गों पर मवेशियों से जुड़ी एक सप्ताह के भीतर सातवीं घटना है। बेंदराकोना मोड़ से झलमला चौक तक रात के समय सड़क पर बैठे मवेशियों के कारण लगातार दुर्घटनाएं हो रही हैं। इन हादसों में मवेशियों की मौत हो रही है या वे गंभीर रूप से घायल हो रहे हैं। इसके बावजूद, सड़कों से मवेशियों को हटाने के लिए कोई स्थायी व्यवस्था अभी तक नहीं की गई है। यह स्थिति इसलिए भी चिंताजनक है क्योंकि सड़कों पर आवारा मवेशियों के जमावड़े को लेकर हाईकोर्ट पहले ही राज्य सरकार और एनएचएआई को कई बार फटकार लगा चुका है। न्यायालय ने मुख्य सचिव से व्यक्तिगत हलफनामा भी मांगा था और मवेशियों को सड़कों पर आने से रोकने के लिए एक प्रभावी कार्ययोजना बनाने के निर्देश दिए थे। इन निर्देशों के बावजूद, बालोद की सड़कों पर हालात में कोई सुधार नहीं आया है। बालोद जिले में 4,984 घुमंतू मवेशी पशुधन विकास विभाग की रिपोर्ट के अनुसार, बालोद जिले में 4,984 घुमंतू मवेशी हैं। इनमें गुंडरदेही में 2,224, बालोद में 1,136, गुरूर में 739, डौंडीलोहारा में 603 और डौंडी में 282 मवेशी हैं। इतनी बड़ी संख्या में घुमंतू मवेशियों के लिए स्थायी आश्रय और प्रभावी प्रबंधन नहीं होने का असर सीधे सड़कों पर दिखाई दे रहा है। रात में मुख्य मार्गों पर बैठे मवेशी वाहन चालकों के लिए बड़ा खतरा बन जाते हैं। अंधेरे में काले रंग के मवेशी दिखाई नहीं देते और अचानक सामने आने पर वाहन चालक ब्रेक लगाने या उन्हें बचाने के प्रयास में वाहन अनियंत्रित कर सकते हैं। हाईकोर्ट ने पूछा था- लापरवाही की जिम्मेदारी किसकी? जुलाई 2025 में रतनपुर हाईवे पर 17 गोवंश की मौत के मामले में हाईकोर्ट ने स्वत: संज्ञान लिया था। कोर्ट ने मुख्य सचिव से व्यक्तिगत हलफनामा मांगते हुए पूछा था कि इतनी बड़ी लापरवाही के लिए किस अधिकारी की जिम्मेदारी तय की गई। कोर्ट ने यह भी कहा था कि पहले कई बार निर्देश दिए जाने के बावजूद ऐसे हादसे लगातार होना गंभीर चिंता का विषय है। लंबित जनहित याचिका की सुनवाई के दौरान हाईकोर्ट ने राज्य सरकार और एनएचएआई से प्रभावी कार्ययोजना मांगी। कोर्ट ने स्पष्ट किया कि सिर्फ गौधाम बना देना पर्याप्त नहीं है, बल्कि उनका संचालन भी प्रभावी होना चाहिए, ताकि मवेशी दोबारा सड़कों पर न आएं। संबंधित विभागों से प्रगति रिपोर्ट भी मांगी गई। सरकार ने कोर्ट को नए शेड स्वीकृत होने, मवेशियों के गले में रेडियम पट्टी लगाने का अभियान चलाने और कुछ गो-मालिकों के खिलाफ एफआईआर की जानकारी दी थी। एनएचएआई ने बैरियर और शेड निर्माण के लिए राशि उपलब्ध कराने की बात भी कही थी। लेकिन बालोद में 8 मवेशियों की मौत बताती है कि दावों और जमीन पर मौजूद व्यवस्था के बीच अभी भी बड़ा अंतर है। बारिश में सड़क बन रही मवेशियों की पनाहगाह मानसून में खेतों में कीचड़ होने और जंगल में मक्खियों से परेशान होने के कारण मवेशी सूखी जगह की तलाश में सड़क तक पहुंच जाते हैं। शाम 7 बजे के बाद मुख्य सड़कों और हाईवे पर इनका जमावड़ा बढ़ जाता है। गंजपारा, बुधवारी बाजार, सिवनी मार्ग, जयस्तंभ चौक और मधु चौक सहित शहर के कई हिस्सों में मवेशी सड़कों पर घूमते नजर आते हैं। कचरे और खाने की तलाश में भी ये सड़क और बाजार क्षेत्रों में पहुंचते हैं। पहले भी सड़क हादसों में गई कई मवेशियों की जान - 10 अगस्त 2025 की रात आमापारा में बालोद-दल्लीराजहरा मार्ग पर तेज रफ्तार आयरन ओर से भरे ट्रक ने सड़क पर बैठे 5 गौवंश को कुचल दिया था।- इसके अगले दिन 11 अगस्त 2025 को सिवनी के पास अज्ञात वाहन की टक्कर से 3 गौवंश की मौत हुई थी। उसी शाम खरखरा केनाल टर्निंग के पास एक और गौवंश की वाहन की चपेट में आने से मौत हो गई थी। यानी 24 घंटे के भीतर इन घटनाओं में 9 मवेशियों की जान गई थी।- 18 अक्टूबर 2025 को अर्जुन्दा क्षेत्र के टिकरी-सिकोसा मार्ग पर हाइवा ने सड़क पर बैठे गौवंश के झुंड को कुचल दिया था। हादसे में 11 गायों की मौत हुई थी और 2 गंभीर रूप से घायल हुई थीं।- वहीं 19-20 अक्टूबर 2025 की रात नेशनल हाईवे-930 पर गौवंश के झुंड को बचाने के प्रयास में एक कार अनियंत्रित होकर जिला जेल की बाउंड्रीवॉल से टकराकर पलट गई थी।कागजों में योजना, सड़क पर मवेशी प्रशासन की ओर से मवेशियों को सड़क से हटाकर गौशाला और गोधाम में रखने की योजनाएं बनाई गई हैं, लेकिन मौजूदा आश्रय स्थलों में क्षमता से अधिक मवेशी होने के कारण व्यवस्था दबाव में है। नए मवेशियों के लिए पर्याप्त जगह नहीं होने पर वे दोबारा सड़कों पर लौट आते हैं। ऐसे में सवाल सिर्फ 8 मवेशियों की मौत का नहीं है। जब जिले में 4,984 घुमंतू मवेशियों का सरकारी आंकड़ा मौजूद है, हाईकोर्ट कई बार जिम्मेदारों को निर्देश दे चुका है और पुराने हादसों का रिकॉर्ड सामने है, तो सड़कों से मवेशियों को हटाने की स्थायी व्यवस्था कब होगी?
देवास में विश्वप्रसिद्ध माता टेकरी पर श्रद्धालुओं की सुरक्षा और भीड़ को संभालने के लिए 28 नए CCTV कैमरे लगाए गए हैं। इनके लगने के बाद अब पूरी टेकरी 87 CCTV कैमरों की निगरानी में रहेगी। यह व्यवस्था आगामी नवरात्रि के दौरान बढ़ने वाली भीड़ को संभालने के लिए की गई है। नए कैमरे टेकरी के प्रमुख प्रवेश द्वारों और उन जगहों पर लगाए गए हैं, जहां नवरात्रि के दौरान श्रद्धालुओं की संख्या ज्यादा रहती है। कैमरों का एक्सेस कोतवाली थाने और पुलिस कंट्रोल रूम में भी रहेगा। इससे टेकरी पर श्रद्धालुओं की आवाजाही और भीड़ की स्थिति पर सीधे नजर रखी जा सकेगी। भीड़ बढ़ने पर पुलिस को तुरंत मिलेगी जानकारी पुलिस टीम कैमरों के जरिए टेकरी पर लगातार नजर रखेगी। किसी जगह भीड़ बढ़ने पर वहां तैनात पुलिसकर्मियों से तुरंत संपर्क किया जा सकेगा। इसके जरिए भीड़ को नियंत्रित करने और श्रद्धालुओं की आवाजाही को व्यवस्थित करने में मदद मिलेगी। कोतवाली थाना प्रभारी श्यामचंद शर्मा ने बताया कि टेकरी पर 28 नए कैमरे लगाए गए हैं। इनका एक्सेस थाने और पुलिस कंट्रोल रूम दोनों जगह रहेगा। वीडियो मॉनिटरिंग के जरिए व्यवस्था पर नजर रखी जाएगी। नायब तहसीलदार और टेकरी प्रभारी कपिल गुर्जर ने बताया कि नए कैमरों के बाद टेकरी पर कुल 87 CCTV कैमरे हो गए हैं। इससे सुरक्षा और व्यवस्था की निगरानी पहले से बेहतर होगी। प्रमुख स्थान भी कैमरों के दायरे में नए कैमरे टेकरी के प्रमुख द्वारों, भीड़ वाले स्थानों और जरूरी प्वाइंट पर लगाए गए हैं। दोनों माता मंदिरों के साथ अन्य प्रमुख स्थानों पर भी कैमरों से निगरानी की जाएगी। नवरात्रि के दौरान भीड़ बढ़ने पर पुलिस अधिकारी थाने और कंट्रोल रूम से स्थिति पर नजर रख सकेंगे। जरूरत के अनुसार संबंधित टीमों को तुरंत निर्देश दिए जा सकेंगे। पुलिस और प्रशासन का लक्ष्य श्रद्धालुओं को व्यवस्थित और सुविधापूर्ण दर्शन कराना है।
बदायूं के कादरचौक थाना क्षेत्र के गौरामई गांव में करंट से कांवड़िए रोहित की मौत के बाद पूरे सिस्टम को विपक्ष ने रडॊर पर ले लिया है। सपा ने आफिशियल एक्स प्लेटफार्म पर सीएम योगी आदित्यनाथ की घेराबंदी की है। साथ ही मृतक के आश्रितों को 1 करोड़ रुपये मुआवजा देने की मांग की है। भाजपा शासित आदित्यनाथ बिष्ट सरकार में कांवड़ियों की कथित सुरक्षा का हाल सामने है। जैसे महाकुंभ में इन्होंने सुरक्षा व्यवस्था कम ड्रामा ज्यादा किया था। ठीक उसी प्रकार से सुरक्षा व्यवस्था पर ध्यान कम है, ड्रामा नौटंकी पर ध्यान ज्यादा है इस भाजपा सरकार का। अतः अपनी सुरक्षा अपने हाथ। मृतकों के प्रति विनम्र श्रद्धांजलि, घायलों के जल्द ठीक होने की कामना। घायलों को फ्री में इलाज देने की मांग सभी मृतक परिजनों को 1-1 करोड़ रूपये का मुआवजा दे सरकार एवं घायलों का समुचित फ्री इलाज हो ये है समाजवादी पार्टी की मांग। सपा के इस बयान के बाद जिले के अफसरों में भी खलबली मची हुई है। वजह है कि अधिकारी इस मामले में कांवड़िये की मौत नहीं मान रहे हैं। अधिकारियों का कहना है कि डीजे के जेनरेटर के करंट से युवक की जान गई है और युवक कांवड़िया नहीं था।
अजमेर के दरगाह थाना क्षेत्र में घर से 2 लाख रुपए की नकदी समेत लाखों के सोने-चांदी के गहने चोरी हो गए। चोर घर का दरवाजा खुला रहने का फायदा उठाकर अंदर घुस गए और चोरी कर भाग गए। इतना ही नहीं चोरों ने वारदात के बाद घर में आग भी लगा दी। वहीं दूसरी तरफ रामगंज थाना पुलिस ने पोक्सो एक्ट के दो अलग-अलग मामलों में फरार चल रहे दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। फिलहाल पुलिस आरोपियों से पूछताछ कर रही है। चोरों ने लाखों की नकदी और जेवर उड़ाए, फिर आग लगाई पहली घटना अजमेर के दरगाह थाना क्षेत्र स्थित अंदरकोट नई सड़क पर घर में चोरी की हुई। पीड़ित सोहेल ने बताया कि वह रात को तबीयत खराब होने पर अस्पताल गया था। वापस लौटने के बाद दवाई लेने के कारण नींद आ गई और इसी दौरान घर का दरवाजा गलती से खुला रह गया। सोमवार सुबह करीब 5 बजे उठने पर कमरे में आग लगी हुई दिखाई दी। आग को तुरंत बुझाया गया। इसके बाद घर का सामान बिखरा हुआ मिला और जांच करने पर 2 लाख रुपए नकद व लाखों के जेवर गायब मिले। हालांकि, आग लगने से ज्यादा नुकसान नहीं हुआ, बेड पर रखा गद्दा जल गया। सूचना मिलने पर दरगाह थाना पुलिस मौके पर पहुंची और मामले की जांच शुरू कर दी है। पोक्सो के 2 अलग-अलग मामलों में 2 आरोपी गिरफ्तार वहीं दूसरी घटना में रामगंज थाना पुलिस ने POCSO एक्ट के तहत दर्ज दो अलग-अलग मामलों में कार्रवाई करते हुए सोमवार को दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। थाना प्रभारी हरिपाल सिंह ने बताया कि दोनों मामलों में आरोपियों से पूछताछ की जा रही है। पहला मामला करीब दो महीने पहले दर्ज हुआ था। इस मामले में मुख्य आरोपी को पहले ही गिरफ्तार किया जा चुका था। पुलिस ने अब मुख्य आरोपी को स्कूटी उपलब्ध करवाकर भागने में मदद करने वाले फरार आरोपी को भी गिरफ्तार कर लिया है। वहीं दूसरे मामले में पीड़िता की कॉलोनी में रहने वाले एक युवक को गिरफ्तार किया गया है। दोनों मामलों में गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ कर पुलिस आगे की कार्रवाई कर रही है।
पंजाब विधानसभा ने फिजिक्सवाला डिजिटल यूनिवर्सिटी, पटियाला बिल-2026 पारित किया है, जिससे राज्य में एक नई सेल्फ-फाइनेंस्ड डिजिटल यूनिवर्सिटी स्थापित होगी।
ग्वालियर जिले में साइबर अपराधियों दहशत थमने का नाम नहीं ले रही है। पिछले दो महीनों में लगातार हो रही साइबर ठगी की घटनाओं ने शहरवासियों की नींद उड़ा दी है। रविवार से सोमवार के बीच 24 घंटे में ग्वालियर शहर अलग-अलग थाना क्षेत्रों में साइबर फ्रॉड के पांच मामले दर्ज किए गए। जालसाजों ने लोन बंद कराने, क्रेडिट कार्ड की लिमिट बढ़ाने, फर्जी लिंक भेजने और सोशल मीडिया एप से मोबाइल हैक कर पीड़ितों के खातों से रुपए ठगे हैं। पुलिस ने पीड़ितों की शिकायत पर मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। लोन सेटलमेंट का झांसा देकर 56 हजार ठगेमाधौगंज थाना क्षेत्र स्थित सिकंदर कंपू निवासी महेंद्र शर्मा (35 वर्ष) को 8 जुलाई को एक अज्ञात नंबर से कॉल आया। कॉल करने वाले ने खुद को 'चोला मंडलम बैंक' का कर्मचारी बताया। चूंकि महेंद्र का इस बैंक में लोन चल रहा था, इसलिए वे झांसे में आ गए। आरोपी ने कहा कि लोन बंद कराने पर 10 से 11 हजार रुपये की छूट मिलेगी। इसके बाद बताए गए खाते में महेंद्र ने ₹56,510 ट्रांसफर कर दिए। बाद में पता चला कि वे ठगी का शिकार हो चुके हैं। क्रेडिट कार्ड की लिमिट बढ़ाने के नाम पर ₹50 हजार पार बिजौली थाना क्षेत्र स्थित खेरिया मोदी निवासी किसान बालकृष्ण कुशवाह (46 वर्ष) को 11 जुलाई को कॉल कर क्रेडिट कार्ड की लिमिट बढ़ाने का लालच दिया गया। शातिर ठग ने उन्हें व्हाट्सऐप पर एक्सिस बैंक के नाम से एक फर्जी लिंक भेजी। किसान ने जैसे ही उस लिंक पर क्लिक किया, उनके क्रेडिट कार्ड से ₹49,712 कट गए। जब रुपए निकलने का मैसेज आया तो ठगी का पता लगा। तत्काल मामले की सूचना पुलिस को दी। जिस पर सोमवार को बिजौली थाना पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है। बिना OTP व मैसेज के दो खातों से उड़ गए ₹1.71 लाख ग्वालियर थाना स्थित सेवानगर निवासी आशीष पाठक (41 वर्ष) जब अपने बच्चे की स्कूल फीस जमा कर रहे थे, तब उन्हें ठगी का पता चला। साइबर ठगों ने उनके 'यूनियन बैंक ऑफ इंडिया' खाते से ₹93,000 और 'पंजाब एंड सिंध बैंक' खाते से ₹78,000 (कुल ₹1,71,000) उड़ा लिए। हैरानी की बात यह रही कि पीड़ित को न तो कोई मैसेज आया और न ही कोई ओटीपी (OTP) मिला। इंस्टाग्राम से एप डाउनलोड करते ही मोबाइल हैक, ₹1.25 लाख साफ थाटीपुर थानाक्षेत्र स्थित श्रीराम नगर निवासी संतोष शर्मा (40 वर्ष) ने इंस्टाग्राम पर दिख रहे एक एप को अपने मोबाइल में डाउनलोड किया था। एप डाउनलोड होते ही उनका मोबाइल हैक हो गया। इसके तुरंत बाद ठगों ने उनके 'इंडियन ओवरसीज बैंक' और 'एसबीआई' खातों से कुल 1 लाख 25 हजार पार कर दिए। पीड़ित की शिकायत पर थाटीपुर पुलिस ने केस दर्ज कर लिया है। कई बार में खाते से निकले 1.10 लाख रुपएसिरोल थाना क्षेत्र स्थित एंजिल हाइट्स में रहने वाले 42 वर्षीय सुनील सिंह भदौरिया पिता ब्रजेंद्र भदौरिया ने शिकायत की है कि वह बानमौर और मालनपुर की फैक्ट्रियों में सरसों की ढूरी सप्लाई करने का कार्य करते हैं। सोमवार की शाम करीब छह से साढ़े छह बजे के बीच वह फ्लैट पर जरूरी काम कर रहे थे कि तभी उनके खाते से तीन बार में 49 हजार 500, 49 हजार 490, 1 हजार 10 रुपए और 32 हजार रुपए निकाले जाने का मैसेज मिला। मामले का पता चलते ही उन्होंने पुलिस हेल्पलाइन पर शिकायत की। सीएसपी रोबिन जैन का कहना है कि साइबर फ्रॉड के कुछ मामले सामने आए हैं। पुलिस सभी मामलों की जांच कर रही है, लेकिन ऐसे मामलों में सतर्कता ही आपको इस तरह की ठगी से बचा सकती है।
मथुरा-वृंदावन में लगातार बढ़ रही यातायात अव्यवस्था और जाम की समस्या को लेकर क्षत्रिय करणी सेना ने सोमवार दोपहर करीब 1 बजे जिलाधिकारी कार्यालय पहुंचकर ज्ञापन सौंपा। संगठन ने शहर की यातायात व्यवस्था को सुव्यवस्थित करने और प्रमुख मार्गों पर लगने वाले जाम से निजात दिलाने की मांग की। क्षत्रिय करणी सेना के जिलाध्यक्ष ठाकुर विजयपाल सिंह ने बताया कि रोडवेज बसें कई स्थानों पर निर्धारित बस स्टॉप के बजाय सड़क और चौराहों पर रुककर सवारियां उतारती-चढ़ाती हैं। इससे यातायात बाधित होता है और प्रमुख मार्गों पर वाहनों की आवाजाही प्रभावित होती है, जिससे जाम की स्थिति उत्पन्न होती है। वाहन चालकों को परेशानी उन्होंने यह भी बताया कि टेंपो और ई-रिक्शा के लिए उचित एवं निर्धारित स्टैंड न होने के कारण चालक अपने वाहन चौराहों और मुख्य मार्गों के किनारे खड़े कर देते हैं। इससे यातायात का दबाव बढ़ता है और राहगीरों तथा अन्य वाहन चालकों को परेशानी होती है। विशेषकर मथुरा-वृंदावन मार्ग पर श्रद्धालुओं और पर्यटकों की बढ़ती संख्या के दौरान यह समस्या और गंभीर हो जाती है। संगठन ने प्रशासन से मांग की है कि रोडवेज बसों के लिए निर्धारित बस स्टॉप का सख्ती से पालन कराया जाए। इसके अतिरिक्त, टेंपो और ई-रिक्शा के लिए व्यवस्थित स्टैंड तथा पिकअप प्वाइंट निर्धारित किए जाएं। मुख्य चौराहों और मार्गों पर अव्यवस्थित रूप से वाहन खड़े करने वालों के खिलाफ प्रभावी कार्रवाई की भी मांग की गई। ठाकुर विजयपाल सिंह ने जोर देकर कहा कि मथुरा-वृंदावन धार्मिक और पर्यटन की दृष्टि से एक महत्वपूर्ण क्षेत्र है, जहाँ देश-विदेश से श्रद्धालु और पर्यटक आते हैं। ऐसे में, बेहतर यातायात व्यवस्था स्थानीय लोगों के साथ-साथ बाहर से आने वाले श्रद्धालुओं के लिए भी अत्यंत आवश्यक है। संगठन ने प्रशासन के साथ सहयोग करते हुए जनहित में यातायात व्यवस्था सुधारने के लिए हरसंभव प्रयास करने का संकल्प लिया। ज्ञापन सौंपने के दौरान क्षत्रिय करणी सेना मथुरा के जिला पदाधिकारी और कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
हरदोई के शाहाबाद नगर में 10 अगस्त सोमवार को 101 फीट ऊंचे राष्ट्रीय ध्वज का लोकार्पण किया गया। उत्तर प्रदेश सरकार में उच्चशिक्षा राज्यमंत्री रजनी तिवारी ने अम्बेडकर मैदान (बड़ी फील्ड) में इस ध्वजारोहण स्थल का उद्घाटन किया। इस अवसर पर एक विशाल तिरंगा मार्च भी निकाला गया, जिसमें बड़ी संख्या में लोगों ने भाग लिया। कार्यक्रम में भाजपा जिलाध्यक्ष अजीत सिंह बब्बन सहित कई पार्टी पदाधिकारी, कार्यकर्ता और नगरवासी उपस्थित रहे। लोकार्पण के बाद, उच्च शिक्षा राज्य मंत्री रजनी तिवारी ने संविधान निर्माता बाबा साहेब डॉ. भीमराव आंबेडकर की प्रतिमा पर माल्यार्पण किया। रजनी तिवारी ने कहा कि 101 फीट ऊंचा राष्ट्रीय ध्वज शाहाबाद की पहचान को नई ऊंचाई देगा। उन्होंने बताया कि यह स्थल युवाओं और नागरिकों में देश के प्रति सम्मान, जिम्मेदारी और राष्ट्रभावना को मजबूत करने का माध्यम बनेगा। मंत्री ने जोर दिया कि राष्ट्रीय ध्वज केवल एक प्रतीक नहीं, बल्कि देश की एकता, अखंडता और लोकतांत्रिक मूल्यों का प्रतिनिधित्व करता है। सामाजिक एकजुटता बनाए रखने का आह्वान किया उन्होंने आगे कहा कि इस तिरंगे के माध्यम से नई पीढ़ी को राष्ट्र के प्रति अपने दायित्वों और राष्ट्रीय एकता का संदेश मिलेगा। भाजपा जिलाध्यक्ष अजीत सिंह बब्बन ने इस अवसर पर कहा कि शाहाबाद में 101 फीट ऊंचे तिरंगे की स्थापना नगरवासियों के लिए गौरव का विषय है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि यह स्थल राष्ट्रीय एकता और देशभक्ति की भावना को मजबूत करेगा। बब्बन ने लोगों से राष्ट्रीय प्रतीकों का सम्मान करने और सामाजिक एकजुटता बनाए रखने का आह्वान किया। कार्यक्रम के दौरान, NEET परीक्षा उत्तीर्ण करने वाले शाहाबाद के मेधावी छात्र स्वरित राठौर और सारांश राठौर (पुत्रगण कमल राठौर) को सम्मानित किया गया। यह सम्मान राष्ट्रीय ध्वज के प्रति सम्मान और देश की एकता-अखंडता का संदेश देने के उद्देश्य से किया गया। इस कार्यक्रम में भाजपा जिला महामंत्री सत्येंद्र राजपूत, डॉ. मुरारी लाल गुप्ता, रामनाथ त्रिपाठी, गंगाराम राठौर, वेदराम राजपूत, गोपाल त्रिपाठी, त्रिपुरेश मिश्रा, श्यामबाबू त्रिवेदी, रंजीत कुमार सिंह, गोविंद पाठक, लालाराम राजपूत, अनिल पांडेय पिंटू, एसडीएम, अधिशासी अधिकारी, सभासदगण सहित अन्य गणमान्य नागरिक और बड़ी संख्या में कार्यकर्ता मौजूद रहे।
विवाह के बाद विवादों को रोकने के लिए अब भावी युगलों को शादी से पहले ही बेहतर वैवाहिक जीवन की समझ दी जाएगी। डीएम जितेंद्र प्रताप सिंह ने सोमवार को गोल चौराहे के निकट स्थित वन स्टॉप सेंटर में राष्ट्रीय महिला आयोग की पहल पर स्थापित ‘तेरे मेरे सपने’ प्री-मैरिटल कम्युनिकेशन सेंटर का शुभारंभ किया। इस केंद्र पर जिन युवक-युवतियों का विवाह तय हो चुका है या जो विवाह करने जा रहे हैं, वे काउंसलिंग कराकर सफल वैवाहिक जीवन से जुड़ी जिम्मेदारियों और चुनौतियों के संबंध में विशेषज्ञ मार्गदर्शन प्राप्त कर सकेंगे। फैमिली कोर्ट में चल रहे 15 हजार केस हाल के वर्षों में विवाह के शुरुआती दौर में ही पति-पत्नी के बीच मतभेद और अलगाव के मामले सामने आ रहे हैं। जिले की फैमिली कोर्टों में वर्तमान में 15 हजार से अधिक पारिवारिक वाद विचाराधीन हैं। इनमें अधिकांश मामले वैवाहिक विवाद और तलाक से संबंधित हैं। ‘तेरे मेरे सपने’ केंद्र के माध्यम से भावी युगलों को विवाह से जुड़ी वास्तविक जिम्मेदारियों और संभावित चुनौतियों के प्रति पहले से जागरूक करने का प्रयास किया जाएगा। जिम्मेदारियों की समझ आवश्यक डीएम ने कहा कि विवाह जीवन का महत्वपूर्ण निर्णय है। सफल वैवाहिक जीवन के लिए भावी दंपती के बीच आपसी संवाद, विश्वास, सम्मान और जिम्मेदारियों की स्पष्ट समझ आवश्यक है। कई बार छोटी असहमतियां समय पर संवाद और उचित मार्गदर्शन के अभाव में गंभीर विवाद का रूप ले लेती हैं। राष्ट्रीय महिला आयोग की ‘तेरे मेरे सपने’ पहल भावी युगलों को विवाह से पहले बेहतर संवाद और सामंजस्य की समझ देने का महत्वपूर्ण प्रयास है। गोपनीय रखी जाएगी जानकारी केंद्र पर प्रत्येक सोमवार और शुक्रवार को पूरी तरह निःशुल्क परामर्श दिया जाएगा। काउंसलिंग के दौरान साझा की गई व्यक्तिगत जानकारी गोपनीय रखी जाएगी और संबंधित युगलों की निजता पूरी तरह सुरक्षित रहेगी। काउंसलिंग का उद्देश्य किसी रिश्ते के संबंध में निर्णय देना नहीं, बल्कि भावी दंपती को समझदारी, संवेदनशीलता और जिम्मेदारी के साथ वैवाहिक जीवन प्रारंभ करने के लिए तैयार करना है।वन स्टॉप सेंटर की प्रभारी बंदना द्विवेदी और एडवोकेट दिशा अरोड़ा परामर्श देंगी। इन विषयों पर मिलेगा मार्गदर्शन केंद्र पर भावी युगलों को आपसी संवाद, परस्पर सम्मान, भावनात्मक समझ, आर्थिक नियोजन, परिवार के प्रति जिम्मेदारियों, विवाह के बाद बदलती भूमिकाओं, एक-दूसरे की अपेक्षाओं, मतभेदों के स्वस्थ समाधान तथा वैवाहिक अधिकारों एवं दायित्वों के संबंध में मार्गदर्शन दिया जाएगा। उन्हें यह भी बताया जाएगा कि असहमति की स्थिति में संवाद कैसे बनाए रखें और छोटी समस्याओं को गंभीर पारिवारिक विवाद का रूप लेने से कैसे रोकें।
ए.पी. सेन कॉलेज में एनसीसी रैंक वितरण समारोह:अपर्णा यादव ने कैडेट्स को राष्ट्रसेवा का महत्व बताया
लखनऊ के ए.पी. सेन मेमोरियल गर्ल्स डिग्री कॉलेज में 20 यूपी गर्ल्स बटालियन की एनसीसी इकाई का पद वितरण समारोह आयोजित किया गया। इस दौरान उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाली कैडेट्स को नई जिम्मेदारियां सौंपी गईं। कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्वलन और राष्ट्रगीत के साथ हुआ। समारोह में चयनित कैडेट्स को नई रैंक और बैज प्रदान किए गए। अतिथियों ने कैडेट्स के कंधों पर रैंक लगाकर उन्हें शुभकामनाएं दीं। पदभार ग्रहण करने के बाद कैडेट्स ने 'एकता और अनुशासन' के आदर्श वाक्य को जीवन में उतारने का संकल्प लिया। एनसीसी अनुशासन विकसित करने का माध्यम मुख्य अतिथि उत्तर प्रदेश राज्य महिला आयोग की उपाध्यक्ष अपर्णा यादव ने कैडेट्स को संबोधित किया। उन्होंने कहा कि एनसीसी केवल वर्दी पहनने और प्रशिक्षण लेने तक सीमित नहीं है, बल्कि यह युवाओं में नेतृत्व, अनुशासन, साहस और राष्ट्रभक्ति के गुणों को विकसित करने का एक महत्वपूर्ण माध्यम है। उन्होंने कैडेट्स से अपनी नई जिम्मेदारियों के साथ दूसरों के लिए मिसाल बनने का आह्वान किया। कॉलेज की प्राचार्या प्रोफेसर रचना श्रीवास्तव ने कैडेट्स को बधाई दी। उन्होंने कहा कि एनसीसी विद्यार्थियों को जिम्मेदार नागरिक बनाती है और छात्राओं से पढ़ाई के साथ-साथ एनसीसी की गतिविधियों में भी उत्कृष्ट प्रदर्शन करने का आग्रह किया।
धौलपुर के बसेड़ी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र से पीएससी और जच्चा वार्ड को अन्यत्र स्थानांतरित करने के फैसले पर क्षेत्रवासियों में आक्रोश बढ़ता जा रहा है। सोमवार को ग्रामीणों ने मुख्यमंत्री और चिकित्सा एवं स्वास्थ्य मंत्री के नाम एसडीएम को ज्ञापन सौंपा। इसमें दोनों चिकित्सा सुविधाओं को बसेड़ी अस्पताल परिसर में ही यथावत रखने की मांग की गई है। क्षेत्रवासियों का कहना है कि बसेड़ी कस्बे और आसपास के करीब 20 से 25 गांवों की लगभग 35 हजार आबादी के लिए यह सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र प्रमुख चिकित्सा केंद्र है। यहां पीएससी और जच्चा वार्ड संचालित होने से गर्भवती महिलाओं, नवजात शिशुओं, बुजुर्गों और अन्य मरीजों को समय पर उपचार मिल रहा है। ग्रामीणों के अनुसार इन सुविधाओं को कस्बे से लगभग पांच किलोमीटर दूर स्थानांतरित करने से ग्रामीण और गरीब परिवारों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ेगा। प्रसव पीड़ा से जूझ रही महिलाओं, गंभीर मरीजों और दुर्घटना में घायलों को अस्पताल तक पहुंचने के लिए अतिरिक्त दूरी तय करनी होगी। आपात स्थिति में यह अतिरिक्त दूरी उपचार में देरी का कारण बन सकती है। ज्ञापन में प्रस्तावित नए स्थान पर ऑक्सीजन प्लांट, महिला एवं जन सुरक्षा, पर्याप्त पेयजल और छाया जैसी मूलभूत सुविधाओं की कमी पर भी सवाल उठाए गए हैं। ग्रामीणों ने मांग की है कि स्वास्थ्य सुविधाओं को कस्बे से दूर करने के बजाय बसेड़ी अस्पताल में ही चिकित्सा सेवाओं का विस्तार किया जाए। उन्होंने अस्पताल में चिकित्सकों और अन्य स्टाफ की कमी दूर करने के साथ-साथ आवश्यक उपकरण और सुविधाएं उपलब्ध कराने की भी मांग की। क्षेत्रवासियों ने घोषणा की है कि अपनी मांगों के समर्थन में मंगलवार को बसेड़ी बाजार शांतिपूर्ण बंद रखा जाएगा। यदि इसके बावजूद सकारात्मक कार्रवाई नहीं होती है, तो आंदोलन को अनिश्चितकालीन बाजार बंद तक ले जाने की चेतावनी दी गई है। साथ ही, आगामी नगर निकाय चुनावों के पूर्ण बहिष्कार की भी चेतावनी दी गई है। ज्ञापन सौंपने वालों में सियाराम गर्ग, मोहित कुमार, प्रशांत मौर्य, पवन कुमार, रामबली शर्मा, रामभरोसी, हरिसिंह परमार, लोकेंद्र सिंह, राघवेंद्र सिंह सहित बड़ी संख्या में क्षेत्रवासी मौजूद रहे।
गोरखपुर के आसमान में सोमवार देर रात से बुधवार सुबह तक खगोलीय घटनाओं का अनोखा सिलसिला देखने को मिलेगा। मंगलवार भोर में 6 ग्रह एक साथ एक दिशा में नजर आएंगे। इसके बाद मंगलवार रात से बुधवार सुबह तक पर्सिड मीटियोर शॉवर अपने पीक पर रहेगा। इसी दिन दुनिया के कुछ हिस्सों में सूर्य ग्रहण भी लगेगा, हालांकि गोरखपुर और भारत में यह दिखाई नहीं देगा। खगोलविदों के मुताबिक कम समय के अंतराल में इतनी बड़ी संख्या में खगोलीय घटनाओं का होना खास है। खगोलविद अमर पाल सिंह के मुताबिक मंगलवार सुबह सैटर्न, नेपच्यून, यूरेनस, मार्स, मर्करी और ज्यूपिटर एक ही दिशा में फैले हुए नजर आएंगे। हालांकि ग्रह आसमान में एकदम सीधी लाइन में नहीं होंगे। ये एक बड़े आर्क यानी चाप के रूप में दिखाई देंगे। ग्रहों का इस तरह एक ही दिशा में नजर आना आमतौर पर ‘प्लैनेट परेड’ कहा जाता है। ज्यूपिटर, सैटर्न और मार्स को सामान्य आंखों से देखा जा सकेगा। वहीं मर्करी क्षितिज के काफी करीब होने के कारण देखना थोड़ा मुश्किल हो सकता है। यूरेनस और नेपच्यून को देखने के लिए बाइनोकुलर या टेलीस्कोप की जरूरत होगी। क्यों खास है यह अलाइनमेंट? जब पृथ्वी से देखने पर कई ग्रह आसमान के एक ही हिस्से में नजर आते हैं, तो इसे प्लैनेटरी अलाइनमेंट कहा जाता है। इसका मतलब यह नहीं है कि सभी ग्रह वास्तव में अंतरिक्ष में एक सीधी लाइन में आ गए हैं। हर ग्रह अपनी अलग कक्षा में सूर्य की परिक्रमा करता है। पृथ्वी से देखने पर उनकी स्थिति ऐसी बनती है कि वे एक ही पट्टी या दिशा में दिखाई देने लगते हैं। इसी नजरिए के कारण यह नजारा खास लगता है। 3 से 8 ग्रहों तक, ऐसे समझें अलाइनमेंट खगोल विज्ञान में ग्रहों के एक साथ नजर आने को सामान्य तौर पर ग्रहों की संख्या के आधार पर अलग-अलग नामों से समझाया जाता है। मंगलवार को 6 ग्रह एक साथ नजर आने की वजह से इसे लार्ज अलाइनमेंट की श्रेणी में रखा जा रहा है। पूरी टाइमिंग: कौन सा ग्रह कब दिखाई देगा? कैसे देखें 6 ग्रहों का यह नजारा? खगोलविदों के अनुसार मंगलवार सुबह सूर्योदय से करीब 30 से 60 मिनट पहले का समय इस अलाइनमेंट को देखने के लिए बेहतर रहेगा। मंगलवार-बुधवार की रात टूटते तारों की ‘बरसात’ ग्रहों के इस नजारे के बाद मंगलवार-बुधवार की रात पर्सिड मीटियोर शॉवर भी अपने पीक पर रहेगा। पर्सिड उल्का वर्षा साल की चर्चित उल्का वर्षाओं में से एक है। साफ और अंधेरे आसमान में इस दौरान कई उल्काएं यानी ‘शूटिंग स्टार्स’ दिखाई दे सकती हैं। इसके लिए किसी उपकरण की जरूरत नहीं होती। शहर की रोशनी से दूर खुले आसमान में इसे देखना ज्यादा आसान रहेगा। उसी दिन दुनिया के कुछ हिस्सों में सूर्य ग्रहण मंगलवार को सूर्य ग्रहण की खगोलीय घटना भी होगी। यह यूरोप और दुनिया के कुछ अन्य हिस्सों में दिखाई देगी। हालांकि भारत और गोरखपुर में सूर्य ग्रहण नजर नहीं आएगा। इसलिए गोरखपुर में रहने वाले लोगों के लिए मुख्य आकर्षण 6 ग्रहों का अलाइनमेंट और पर्सिड मीटियोर शॉवर रहेगा। टेलीस्कोप इस्तेमाल करते समय सावधानी जरूरी खगोलविद अमर पाल सिंह के मुताबिक टेलीस्कोप या बाइनोकुलर का इस्तेमाल करते समय सावधानी बरतना जरूरी है। खासकर सूर्य की ओर देखते समय बिना उचित सोलर फिल्टर के किसी भी ऑप्टिकल उपकरण का इस्तेमाल नहीं करना चाहिए। उन्होंने कहा कि अगर मंगलवार को मौसम खराब रहता है तो आसपास की रातों में भी ग्रहों की स्थिति देखने की कोशिश की जा सकती है। खगोल प्रेमियों के लिए क्यों खास है यह मौका? सोमवार देर रात से बुधवार सुबह तक कम अंतराल में कई खगोलीय घटनाओं का होना इस पूरे घटनाक्रम को खास बना रहा है। एक तरफ 6 ग्रहों की प्लैनेट परेड, दूसरी तरफ पर्सिड मीटियोर शॉवर और दुनिया के कुछ हिस्सों में सूर्य ग्रहण- तीनों घटनाएं एक ही अवधि में हो रही हैं। हालांकि इन सभी घटनाओं का एक ही जगह से दिखाई देना संभव नहीं है। गोरखपुर में ग्रहों का अलाइनमेंट और उल्का वर्षा देखने का मौका मिलेगा, जबकि सूर्य ग्रहण यहां दिखाई नहीं देगा।
नागौर के कुचेरा में जमीन विवाद में समझौते के दबाव को लेकर पुलिस पर गंभीर आरोप लगे हैं। कुचेरा निवासी छोटाराम मुंडेल ने कलेक्टर को शिकायत देकर आरोप लगाया कि 4 अगस्त को टोल के पास पुलिसकर्मियों ने उसके साथ लाठियों से मारपीट की, कैंपर गाड़ी के शीशे तोड़ दिए और जेब से 50 हजार रुपए निकाल लिए। पुलिसकर्मी उसे पीछा कर निम्बड़ी-चांदावता के पास फिर पीटते हुए थाने ले गए, जहां भी मारपीट की और झूठे मुकदमे में फंसाने की धमकी दी। उसने मामले में केस दर्ज करने, मेडिकल कराने, गाड़ी के नुकसान की भरपाई और परिवार-गवाहों की सुरक्षा की मांग की है। टोल के पास चाय पी रहे थे, तभी पहुंची सफेद कैंपर छोटाराम ने शिकायत में बताया - 4 अगस्त 2026 को वह महेंद्र राड़ और यशवीर मुंडेल के साथ अपनी कैंपर गाड़ी से निकला था। शाम करीब 5 बजे तीनों कुचेरा टोल के पास श्याम बाबा होटल पर चाय पीने के लिए रुके थे। इसी दौरान एक सफेद रंग की बिना नंबर की कैंपर गाड़ी वहां पहुंची। शिकायतकर्ता का आरोप है कि उसमें सिविल कपड़ों में पुलिसकर्मी लाठियां लेकर उतरे और उसके साथ मारपीट शुरू कर दी। शिकायत के मुताबिक पुलिसकर्मियों ने छोटाराम की कैंपर गाड़ी को घेर लिया और लाठियों से हमला कर उसके शीशे तोड़ दिए। इस दौरान उसके साथ मौजूद यशवीर और महेंद्र से भी मारपीट करने का आरोप लगाया गया है। गाड़ी लेकर निकला तो पीछा कर फिर पीटा छोटाराम के अनुसार वह किसी तरह कैंपर लेकर वहां से निकल गया, लेकिन पुलिसकर्मियों ने उसका पीछा किया। आरोप है कि निम्बड़ी-चांदावता गांव के पास बगीची में उसकी गाड़ी को रोक लिया गया। यहां पुलिसकर्मियों ने दोबारा लाठियों से हमला किया और कैंपर में तोड़फोड़ कर उसे क्षतिग्रस्त कर दिया। शिकायत में कुचेरा थानाधिकारी हबीब खां समेत पुलिसकर्मियों पर पिस्टल की नोक पर धमकाने और लाठी-डंडों से मारपीट करने का आरोप लगाया गया है। छोटाराम ने शरीर पर गंभीर चोटें आने की बात कहते हुए मेडिकल कराने की मांग भी की है। जमीन विवाद खत्म करने का दबाव, 50 लाख रुपए मंगाने का आरोप शिकायतकर्ता का आरोप है कि मारपीट के दौरान उस पर बाबूलाल मुंडेल और उसके बेटे हरीश मुंडेल के साथ चल रहे जमीन विवाद को खत्म करने के लिए समझौता करने का दबाव बनाया गया। आरोप है कि उससे परिवार से 50 लाख रुपए मंगवाने के लिए भी कहा गया। छोटाराम ने यह भी आरोप लगाया कि उसकी जेब में रखे 50 हजार रुपए पुलिसकर्मियों ने निकाल लिए। इसके अलावा लाठियों से कैंपर में तोड़फोड़ करने से गाड़ी को नुकसान पहुंचने की बात भी शिकायत में कही गई है। थाने ले जाते समय भी मारपीट का आरोप शिकायत में कहा गया है कि बीच-बचाव के बाद छोटाराम को पुलिस की गाड़ी में बैठाकर थाने ले जाया गया। आरोप है कि थाने ले जाते समय रास्ते में भी उसके साथ मारपीट की गई। थाने पहुंचने के बाद उसके कपड़े उतरवाकर मारपीट करने और झूठे मुकदमे में फंसाने की धमकी देने का भी आरोप लगाया गया है। छोटाराम ने यह भी आरोप लगाया कि घटना के प्रत्यक्षदर्शियों को पुलिस की ओर से डराया-धमकाया गया। इसी वजह से वे पहले सामने नहीं आए। कलेक्टर से केस दर्ज करने, मेडिकल और सुरक्षा की मांग छोटाराम मुंडेल ने कलेक्टर से मामले में मुकदमा दर्ज कर कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है। साथ ही उसने अपने और उसके साथ मारपीट के शिकार यशवीर मुंडेल के मेडिकल कराने, कैंपर में हुए नुकसान की भरपाई कराने और कथित तौर पर पुलिसकर्मियों द्वारा लिए गए 50 हजार रुपए वापस दिलाने की मांग की है। उसने अपने परिवार और गवाहों की सुरक्षा की भी मांग की है। शिकायत में लगाए गए आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है। मामले में पुलिस का पक्ष सामने आने के बाद ही स्थिति और स्पष्ट होगी।
सतना-पन्ना रोड पर सोहावल मोड़ पर सोमवार को ग्रामीणों ने चक्काजाम कर दिया। ग्रामीण निर्माणाधीन राम पथ गमन राष्ट्रीय राजमार्ग के फ्लाईओवर के कारण पुराने मार्ग को बंद किए जाने का विरोध कर रहे थे। करीब 40 मिनट चले रोड बंद के कारण पन्ना-सतना मुख्य मार्ग पर वाहनों की लंबी कतार लग गई। चक्काजाम की सूचना मिलते ही एसडीएम, नायब तहसीलदार और थाना प्रभारी मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने ग्रामीणों से बातचीत कर उनकी समस्याएं सुनीं। इसके बाद ग्रामीणों ने चक्काजाम समाप्त कर दिया। ग्रामीणों के मुताबिक, फ्लाईओवर निर्माण के कारण सोहावल, बाबूपुर और सोहौला को जोड़ने वाला पुराना रास्ता बंद हो गया है। उनका कहना है कि इस रास्ते से करीब 15 हजार की आबादी सालों से आवागमन करती रही है। अब ग्रामीणों को पन्ना-सतना मुख्य मार्ग से होकर जाना पड़ रहा है। ग्रामीणों ने कहा कि भारी वाहनों के दबाव वाले इस मार्ग पर पर्याप्त सुरक्षा इंतजाम नहीं हैं। इससे स्कूली बच्चों, महिलाओं, बुजुर्गों और किसानों को परेशानी हो रही है। गड्ढों वाली सड़क पर बढ़ा यातायात का दबाव ग्रामीणों ने बताया कि सोहावल मोड़ की सड़क पहले से जर्जर है। जगह-जगह बड़े गड्ढे हैं। वहां पहले भी दुर्घटनाएं होती रही हैं। उन्होंने बताया कि पुराने मार्ग के बंद होने से मुख्य सड़क पर यातायात का दबाव बढ़ गया है। ग्रामीणों का आरोप है कि उन्होंने कई बार प्रशासन को समस्या की जानकारी दी, लेकिन कार्रवाई नहीं हुई। पुराना रास्ता बहाल करने की मांग ज्ञापन में ग्रामीणों ने पुराने सार्वजनिक मार्ग को यथासंभव फिर से शुरू करने या स्थायी वैकल्पिक मार्ग उपलब्ध कराने की मांग की। इसके अलावा फ्लाईओवर के नीचे वाहनों और पैदल राहगीरों के लिए व्हीकुलर/पेडस्ट्रियन अंडरपास, सोहावल रोड का चौड़ीकरण और सुदृढ़ीकरण कराने की मांग भी की गई। ग्रामीणों ने कहा कि अगर पुराना रास्ता बहाल करना संभव नहीं है तो तत्काल चौड़ा, पक्का और सुरक्षित स्थायी वैकल्पिक मार्ग बनाया जाए। NHAI को पत्र लिखेगा प्रशासन एसडीएम राहुल सिलाडिया ने बताया कि ग्रामीणों की मांग के संबंध में एनएचएआई को पत्र लिखा जाएगा। वहां से जवाब मिलने के बाद ग्रामीणों से बातचीत कर समस्या का समाधान किया जाएगा।
अनूपपुर जिला मुख्यालय में सोमवार को अखिल भारतीय फैडरेशन और सीटू के संयुक्त आह्वान पर आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं, सहायिकाओं, किसानों और मजदूर यूनियनों ने राष्ट्रव्यापी 'जेल भरो सत्याग्रह' किया। रेलवे अंडर ब्रिज धरना स्थल पर प्रदर्शन के बाद कार्यकर्ताओं ने 23 सूत्रीय मांगों को लेकर सांकेतिक गिरफ्तारी दी। नेटवर्क और मोबाइल की समस्या से कट रहा मानदेय आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं ने आरोप लगाया कि 'पोषण ट्रैकर' और 'संपर्क' ऐप में दोहरा काम कराया जा रहा है। ग्रामीण इलाकों में नेटवर्क न मिलने से 3-4 किमी दूर जाना पड़ता है। सर्वर डाउन होने पर 7 से 15 दिन का मानदेय काट लिया जाता है, जबकि पुराने 3G मोबाइल में नए वर्जन काम नहीं कर रहे। प्राइमरी स्कूलों में केजी-1 व केजी-2 शुरू करने का विरोध कार्यकर्ताओं ने राज्य शिक्षा केंद्र के उस आदेश का विरोध जताया, जिसके तहत 5 जिलों के 1415 स्कूलों में केजी-1 व केजी-2 की कक्षाएं शुरू की गई हैं। संघ ने चेतावनी दी कि बच्चों के स्कूलों में जाने से आईसीडीएस योजना का मूल उद्देश्य प्रभावित होगा। न्यूनतम वेतन 26 हजार और एमएसपी कानून की मांग सत्याग्रह के जरिए चारों श्रम संहिताओं को रद्द करने, ठेका-आउटसोर्सिंग बंद करने, श्रमिकों को 26,000 रुपए न्यूनतम वेतन देने और आंगनबाड़ी कर्मियों को शासकीय कर्मचारी घोषित करने की मांग की गई। साथ ही स्वामीनाथन आयोग के अनुसार एमएसपी कानून बनाने और किसानों का कर्ज माफ करने की बात कही गई। पुलिस बल रहा मुस्तैद, शांतिपूर्वक खत्म हुआ प्रदर्शन दोपहर करीब 4 बजे कार्यकर्ताओं ने गिरफ्तारी दी। अनूपपुर, चचाई, देवहरा और फुनगा पुलिस बल ने प्रदर्शनकारियों को गाड़ियों में बैठाकर अमरकंटक तिराहा तक घुमाया और फिर छोड़ दिया। पूरे प्रदर्शन के दौरान शांति बनी रही।
आजमगढ़ के महाराजा सुहेलदेव विश्वविद्यालय का तीसरा दीक्षांत समारोह मंगलवार 11 अगस्त को महाराजा सुहेलदेव विश्वविद्यालय कैंपस में होगा। दीक्षांत समारोह को लेकर सोमवार को विश्वविद्यालय के कुलपति प्रोफेसर संजीव कुमार के साथ ही बड़ी संख्या में छात्र-छात्राओं ने रिहर्सल किया। दीक्षांत समारोह से जुड़ी प्रत्येक गतिविधि का बारीकी से निरीक्षण किया गया। इसके साथ ही अतिथियों के आगमन से लेकर मेधावियों के बीच मेडल वितरण तक की व्यवस्थाओं का जायजा लिया गया। तृतीय दीक्षांत समारोह को ऐतिहासिक बनाने के लिए विश्वविद्यालय के प्रोफेसर और शिक्षक टीम भावना के साथ तैयारी में जुटे हुए हैं। राज्यपाल आनंदीबेन पटेल दीक्षांत समारोह की अध्यक्षता करेंगी। इसके साथ ही मुख्य अतीत के रूप में प्रसिद्ध बांसुरी वादक पद्म विभूषण पंडित हरिप्रसाद चौरसिया मुख्य अतीत के रूप में शामिल होंगे जबकि अति विशिष्ट अतिथि के रूप में उच्च शिक्षा मंत्री योगेंद्र उपाध्याय और राज्य मंत्री रजनी तिवारी शामिल होंगी। 74 मेधावियों के बीच बांटे जाएंगे 88 मेडल आजमगढ़ के महाराजा सुहेलदेव विश्वविद्यालय में आयोजित तृतीय दीक्षांत समारोह में 74 मेधावियों को 88 मेडल दिए जाएंगे। इसमें 20 पदक कुलाधिपति पदक और 68 पदक कुलपति पदक हैं।पदक प्राप्तकर्ताओं में 26 छात्र और 48 छात्राएं शामिल हैं। इसके अतिरिक्त 11 स्नातक और 63 परास्नातक छात्र-छात्राओं को भी उपाधियां प्रदान की जाएंगी। पूर्वाभ्यास में इन गतिविधियों का हुआ अभ्यासपूर्वाभ्यास के दौरान सभी औपचारिकताओं का पूर्ण रिहर्सल किया गया। इस रिहर्सल कार्यक्रम में प्रो. देवेंद्र प्रताप सिंह ने मुख्य अतिथि, प्रो. वंदना पाण्डेय ने राज्यपाल और कुलाधिपति, प्रो. एस. जेड. अली ने उच्च शिक्षा मंत्री और प्रो. गीता सिंह ने राज्य मंत्री उच्च शिक्षा की भूमिका निभाई। अतिथियों का स्वागत, शैक्षणिक शोभायात्रा, मंचासीन होना, दीप प्रज्ज्वलन, कुलपति का प्रतिवेदन, उपाधि वितरण एवं पदक वितरण का क्रमवार अभ्यास किया गया। महाराजा सुहेलदेव विश्वविद्यालय द्वारा गोद लिए गए पांच गांव में आयोजित खेल प्रतियोगिताओं के प्रथम, द्वितीय और तृतीय विजेताओं को राज्यपाल के कर-कमलों से विशेष पुरस्कार प्रदान किए जाएंगे। प्राथमिक विद्यालयों के नन्हे-मुन्नों को स्कूल बैग, फल, ड्राई फ्रूट, ज्यामित्री बॉक्स और महापुरुषों पर आधारित पुस्तकें भेंट करने का रिहर्सल कराया गया। 15 स्कूली बच्चों ने देशभक्ति और लोकगीत तथा 3 बच्चों ने पर्यावरण संरक्षण एवं जल बचाव पर आधारित गीत प्रस्तुत किए।
कोरबा जिले के उरगा थाना क्षेत्र के ग्राम बरपाली में स्थित प्रमोद कंप्यूटर और मोबाइल शॉप में हुई चोरी का पुलिस ने 48 घंटे के भीतर खुलासा कर दिया है। इस मामले में मुख्य आरोपी सहित दो नाबालिगों को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने आरोपियों से चोरी में इस्तेमाल की गई लोहे की सरिया, स्कूटी और 9000 रुपए कैश बरामद किए हैं। चोरी की यह घटना शुक्रवार-शनिवार की दरम्यानी रात को हुई थी। सुबह जब दुकान खोली गई, तो शटर का ताला टूटा हुआ मिला और गल्ले से 10 हजार रुपए गायब थे। प्रार्थी की शिकायत पर उरगा थाने में अपराध क्रमांक 449/2026, धारा 331(4), 305(ए) बीएनएस के तहत केस दर्ज किया गया था। 3 युवक मोपेड पर दिखाई दिए बरपाली क्षेत्र में लगातार मिल रही चोरी की शिकायतों के मद्देनजर पुलिस ने तकनीकी साक्ष्यों पर ध्यान केंद्रित किया। दुकान के पास स्थित बैंक में लगे सीसीटीवी कैमरे खंगाले गए। फुटेज में तीन युवक एक मोपेड पर आते हुए दिखाई दिए। इनमें से एक युवक मोपेड लेकर सड़क पर खड़ा रहा, जबकि उसके दो साथी शटर का ताला तोड़कर दुकान के अंदर घुस गए। सीसीटीवी फुटेज में आरोपियों के चेहरे और मोपेड का नंबर भी स्पष्ट रूप से कैद हो गया था। लोहे की सरिया लेकर आए थे पुलिस पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि वे बिलासपुर से लौट रहे थे, तभी उनकी नजर बंद दुकान पर पड़ी। शटर और जमीन के बीच गैप देखकर उन्होंने चोरी की योजना बनाई। इसके लिए वे मड़वारानी से लोहे की सरिया लाए और उसी की मदद से शटर उठाकर दुकान में दाखिल हुए। चोरी की वारदात को अंजाम देने के बाद वे स्कूटी से फरार हो गए थे। दो नाबालिग समेत 3 गिरफ्तार सीसीटीवी फुटेज और मुखबिर की सूचना के आधार पर पुलिस ने युवराज सिंह राजपूत (19), पिता दीनदयाल सिंह राजपूत, निवासी 15 ब्लॉक पंप हाउस कोरबा को गिरफ्तार किया। उसके साथ शामिल दो नाबालिगों को भी पुलिस अभिरक्षा में लिया गया है। आरोपियों के कब्जे से 9000 रुपए कैश, चोरी में इस्तेमाल सरिया और स्कूटी जब्त की गई है। उरगा थाना प्रभारी नवीन पटेल ने बताया कि संपत्ति संबंधी अपराधों पर अंकुश लगाने के लिए क्षेत्र में रात्रि गश्त और सीसीटीवी निगरानी बढ़ा दी गई है।
घोरहा में गड्ढे में बाइक फिसली, युवक घायल:ग्रामीण बोले-एक महीने में कई हादसे; तत्काल मरम्मत की मांग
मऊगंज जिले के घोरहा के पास सोमवार दोपहर सड़क के गड्ढे में बाइक फिसलने से 25 वर्षीय युवक घायल हो गया। घायल की पहचान ग्राम बूढ़ा परसिया, थाना नईगढ़ी निवासी विनायक केवट के रूप में हुई है। वह देवतालाब से मऊगंज की ओर जा रहा था। गड्ढे में बाइक फिसलने से हुआ हादसा जानकारी के अनुसार, सोमवार दोपहर विनायक केवट बाइक से देवतालाब से मऊगंज की ओर जा रहा था। घोरहा के पास सड़क पर बने गहरे गड्ढे में बाइक का संतुलन बिगड़ गया और वह फिसलकर गिर गया। हादसे में विनायक घायल हो गया। ग्रामीणों की सूचना पर 112 इमरजेंसी एंबुलेंस मौके पर पहुंची और घायल को सिविल अस्पताल मऊगंज ले जाया गया। यहां उसका उपचार जारी है। घटना के बाद स्थानीय ग्रामीणों ने सड़क की बदहाल स्थिति को लेकर नाराजगी जताई। ग्रामीणों का कहना है कि मुख्य सड़क पर जगह-जगह गहरे गड्ढे बने हुए हैं। उनके अनुसार, घोरहा के पास जिस गड्ढे में सोमवार को हादसा हुआ, वहां पिछले करीब एक महीने में कई दुर्घटनाएं हो चुकी हैं। गड्ढों की तत्काल मरम्मत की मांग ग्रामीणों ने सड़क की मरम्मत और गड्ढों को भरने के लिए जिम्मेदार अधिकारियों, कर्मचारियों और ठेकेदारों पर लापरवाही का आरोप लगाया। उन्होंने प्रशासन से हादसे वाले स्थान पर तत्काल गड्ढों की मरम्मत कराने की मांग की है। ग्रामीणों का कहना है कि सड़क की मरम्मत होने से इस स्थान पर भविष्य में होने वाले हादसों को रोका जा सकेगा।
श्योपुर में किसानों ने सोमवार को चंबल मुख्य दाहिनी नहर में पर्याप्त पानी उपलब्ध कराने समेत विभिन्न मांगों को लेकर कलेक्ट्रेट पर प्रदर्शन किया। किसान नेता राधेश्याम मीणा मूंड़ला के नेतृत्व में किसानों ने मुख्यमंत्री के नाम डिप्टी कलेक्टर एसएल शाक्य और जल संसाधन विभाग के ईई चैतन्य चौहान को ज्ञापन दिया। टेल क्षेत्र तक पानी पहुंचाने की मांग किसानों ने कहा कि नहर का पानी अंतिम छोर यानी टेल क्षेत्र तक पहुंचना चाहिए, ताकि वहां के किसानों को भी पर्याप्त सिंचाई सुविधा मिल सके। उन्होंने श्योपुर जिले के हिस्से के पानी का पूरा लाभ स्थानीय किसानों को देने और जल वितरण की प्रभावी निगरानी कराने की मांग की। किसान नेता राधेश्याम मीणा ने कहा कि चंबल का पानी अंतिम छोर तक पहुंचाना सरकार की प्राथमिकता होनी चाहिए। 167 करोड़ की सूक्ष्म सिंचाई परियोजना की जांच की मांग ज्ञापन में करीब 167 करोड़ रुपए की लागत से 35 गांवों के लिए बनाई गई चंबल सूक्ष्म सिंचाई परियोजना की उच्चस्तरीय जांच कराने की मांग भी की गई। किसानों ने आरोप लगाया कि परियोजना की टेस्टिंग के दौरान मेन लाइन सहित कई स्थानों पर लीकेज सामने आए हैं। उन्होंने परियोजना की तकनीकी गुणवत्ता की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की। किसानों ने कहा कि जांच में अनियमितता या भ्रष्टाचार पाए जाने पर संबंधित कंपनी, ठेकेदार और जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जानी चाहिए। मूझरी बांध का काम शुरू कराने की मांग किसानों ने करीब 415 करोड़ रुपए की मूझरी बांध परियोजना का निर्माण कार्य भी जल्द शुरू कराने की मांग रखी। किसानों के अनुसार, बांध बनने से क्षेत्र में सिंचाई का दायरा बढ़ेगा, कृषि उत्पादन में वृद्धि होगी और भूजल स्तर में सुधार हो सकता है। उन्होंने परियोजना के निर्माण में आ रही बाधाओं को तत्काल दूर करने की अपील की। ओपन नहर प्रणाली बनाने की मांग किसानों ने मूझरी बांध परियोजना में ओपन नहर प्रणाली का निर्माण कराने की मांग भी की। उनका कहना है कि इससे सिंचाई का पानी अधिक क्षेत्र तक पहुंच सकेगा और अंतिम छोर के किसानों को भी इसका लाभ मिल पाएगा। किसानों ने चेतावनी दी कि चंबल का पानी खेतों तक पहुंचाने, सूक्ष्म सिंचाई परियोजना की जांच कराने और मूझरी बांध का निर्माण जल्द शुरू कराने की मांग को लेकर उनका संघर्ष जारी रहेगा।
नरसिंहपुर जिले के गाडरवारा में सोमवार को मध्यप्रदेश किसान सभा के बैनर तले किसानों ने विभिन्न मांगों को लेकर गाडरवारा एसडीएम को ज्ञापन दिया। किसानों ने 17 अगस्त को जनप्रतिनिधियों के घेराव की चेतावनी दी है। किसानों ने संयुक्त किसान मोर्चा के आह्वान पर देशभर में रेल रोको, रोड रोको और जेल भरो आंदोलन का कार्यक्रम भी बताया। उन्होंने अमेरिका के साथ प्रस्तावित डील का विरोध किया, जिससे किसान और मजदूर वर्ग पर आर्थिक दबाव बढ़ने की आशंका जताई गई। किसानों से संवाद करने की अपील उनकी प्रमुख मांगों में किसानों की पूर्ण कर्जमाफी और फसलों के लागत मूल्य C2+50 प्रतिशत के आधार पर न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) लागू करना शामिल है। किसान नेताओं ने चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगें नहीं मानी गईं तो आगामी 17 अगस्त को सांसद, विधायक और अन्य जनप्रतिनिधियों का घेराव किया जाएगा। उन्होंने क्षेत्रीय मंत्री से भी 17 अगस्त को सेवा सदन में उपस्थित रहकर किसानों से संवाद करने की अपील की। किसानों ने स्पष्ट किया कि यदि उनकी मांगों पर सकारात्मक कार्रवाई नहीं होती है, तो जनप्रतिनिधियों के क्षेत्र में विरोध प्रदर्शन तेज किया जाएगा।
भदोही में कुसीयरा मार्ग पर 9 अगस्त की सुबह हुए सड़क हादसे का सीसीटीवी वीडियो सामने आया है। फुटेज में तेज टक्कर के बाद बाइक सवार रोहित गौतम करीब 20 मीटर दूर जाकर गिरता दिखाई दे रहा है। हादसे में उसका दाहिना पैर गंभीर रूप से कटकर अलग हो गया। घायल सड़क पर काफी देर तक तड़पता रहा और लोगों से अस्पताल पहुंचाने की गुहार लगाता रहा। वीडियो में कई लोग घटनास्थल से गुजरते नजर आ रहे हैं, लेकिन तत्काल मदद के लिए कोई आगे नहीं आया। करीब 20 मिनट बाद परिजन मौके पर पहुंचे और उसे अस्पताल ले गए। सुबह 6:32 बजे हुआ हादसा घटना रजपुरा चौकी क्षेत्र के कुसीयरा मार्ग पर सुबह करीब 6:30 से 6:32 बजे के बीच हुई। पुलिस के अनुसार, बाइक संख्या UP65 EY 7950 पर हिम्मतपुर बकुचिया निवासी रोहित गौतम और उधवा माफी निवासी हैपी यादव सवार थे। इसी दौरान कार संख्या UP66 Q 9199 से उनकी बाइक की जोरदार टक्कर हो गई। टक्कर इतनी तेज थी कि बाइक सवार रोहित उछलकर करीब 20 मीटर दूर जा गिरा। हादसे में उसका दाहिना पैर गंभीर रूप से कटकर अलग हो गया। वहीं हैपी यादव भी घायल हुआ। सड़क पर तड़पता रहा रोहित, मदद की गुहार लगाता रहा हादसे के बाद रोहित सड़क पर गंभीर हालत में पड़ा रहा। सीसीटीवी फुटेज में वह दर्द से तड़पता और लोगों से अस्पताल पहुंचाने की गुहार लगाता नजर आ रहा है। इस दौरान कई राहगीर वहां से गुजरते दिखाई दिए। परिजनों के मुताबिक, करीब 20 मिनट बाद परिवार के लोग मौके पर पहुंचे और घायल रोहित को अस्पताल लेकर गए। बीएचयू रेफर, निजी अस्पताल में चल रहा इलाज पुलिस ने दोनों घायलों को महाराजा बलवंत सिंह राजकीय चिकित्सालय पहुंचाया। रोहित की गंभीर हालत को देखते हुए डॉक्टरों ने उसे बीएचयू रेफर कर दिया। हालांकि, परिजनों ने उसे भदोही के जीवन ज्योति अस्पताल में भर्ती कराया है, जहां उसका इलाज चल रहा है। कार चला रहा था 15 साल का नाबालिग कोतवाली प्रभारी शैलेष कुमार राय ने बताया कि कार 15 वर्षीय हारून पुत्र नुस्तर अली खान चला रहा था। कार उसके पिता के नाम दर्ज है। पुलिस ने नाबालिग चालक को हिरासत में लेकर कार कब्जे में ले ली है। पुलिस के अनुसार, नाबालिग को बाल संरक्षण गृह भेज दिया गया है। इन धाराओं में दर्ज हुआ मुकदमा पुलिस ने मामले में बीएनएस की धारा 281, 125बी और 105 के तहत मुकदमा दर्ज किया है। पुलिस हादसे के सीसीटीवी फुटेज समेत अन्य साक्ष्यों की जांच कर रही है। कालीन का काम करता है रोहित, परिवार पर आर्थिक संकट करीब 25 वर्षीय रोहित गौतम कालीन का काम करता है। उसके पिता भी कालीन बुनकर हैं। परिवार में रोहित और उसके पिता मुख्य रूप से कमाने वाले सदस्य हैं। हादसे के बाद रोहित के गंभीर रूप से घायल होने से परिवार के सामने आर्थिक संकट खड़ा हो गया है। रोहित के दो भाई हैं। आकाश (17) और विशाल (23) बीकॉम के छात्र हैं। परिवार में दो बहनें भी हैं। एक की उम्र करीब 24 वर्ष है, जबकि दूसरी ग्रेजुएशन की पढ़ाई कर रही है। परिवार बोला- इलाज का खर्च उठाना मुश्किल रोहित के परिजनों के मुताबिक, हादसे में उसका पैर कट जाने से उसकी हालत गंभीर है। लंबे इलाज की जरूरत बताई जा रही है। परिवार की आर्थिक स्थिति सीमित होने के कारण इलाज का खर्च जुटाना भी चुनौती बन गया है। परिजन रोहित के जल्द स्वस्थ होने की उम्मीद लगाए हुए हैं।
चंदौली के सकलडीहा कस्बे में देशी शराब की दुकान पर निर्धारित समय से पहले शराब बिक्री का वीडियो वायरल होने के बाद आबकारी विभाग की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े हो गए हैं। वायरल वीडियो में दुकान का सेल्समैन सुबह करीब छह बजे एक विशेष खिड़की से शराब बेचता दिखाई दे रहा है। स्थानीय लोगों का दावा है कि शिकायतों के बावजूद कार्रवाई नहीं हुई तो उन्होंने वीडियो बनाकर वायरल किया। मामला सामने आने के बाद जिला आबकारी निरीक्षक घनश्याम मिश्रा और आबकारी इंस्पेक्टर जांच के लिए दुकान पहुंचे, लेकिन कार्रवाई के सवाल पर अधिकारी स्पष्ट जवाब नहीं दे सके। सुबह 6 बजे खिड़की से शराब बिक्री का वीडियो सकलडीहा कस्बे के कमालपुर मार्ग पर इटवा गांव में देशी शराब की दुकान संचालित है। वायरल वीडियो में सुबह करीब छह बजे दुकान की एक विशेष खिड़की से शराब बिक्री होती दिखाई दे रही है। स्थानीय लोगों के मुताबिक निर्धारित समय से पहले शराब खरीदने के लिए लोग यहां पहुंचते हैं। आरोप है कि सेल्समैन प्रतिबंधित समय में शराब की बोतल के लिए 20 से 30 रुपये अतिरिक्त वसूलता है। शिकायतों के बाद ग्रामीणों ने बनाया वीडियो स्थानीय लोगों का कहना है कि दुकान पर सुबह से शराब बिक्री को लेकर कई बार शिकायत की गई, लेकिन कार्रवाई नहीं हुई। इसके बाद लोगों ने बिक्री का वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर वायरल कर दिया। ग्रामीणों का आरोप है कि सुबह से शराबियों की भीड़ जुटने के कारण आसपास के लोगों और राहगीरों को परेशानी होती है। ब्लॉक कार्यालय तक पहुंचने की शिकायत ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि शराब पीने के बाद कुछ लोग आसपास घूमते रहते हैं और राहगीरों से दुर्व्यवहार करते हैं। उनका दावा है कि नशे में लोग ब्लॉक कार्यालय परिसर तक पहुंच जाते हैं। इससे महिलाओं और छात्र-छात्राओं को भी आवागमन में परेशानी का सामना करना पड़ता है। ग्रामीणों ने दुकान के संचालन और बिक्री के समय की निगरानी की मांग की है। जांच में बिक्री नहीं मिली, कार्रवाई पर सवाल खबर सामने आने के बाद जिला आबकारी निरीक्षक घनश्याम मिश्रा और आबकारी इंस्पेक्टर दुकान पर जांच के लिए पहुंचे। सोमवार को जब अधिकारियों से कार्रवाई के संबंध में जानकारी मांगी गई तो जिला आबकारी निरीक्षक ने बताया कि जांच के दौरान सेल्समैन शराब बेचता हुआ नहीं मिला। हालांकि, वायरल वीडियो में निर्धारित समय से पहले शराब बिक्री दिखाई देने के बावजूद उस पर क्या कार्रवाई की गई, इस सवाल पर अधिकारी स्पष्ट जवाब नहीं दे सके। ग्रामीणों ने मिलीभगत का लगाया आरोप स्थानीय लोगों ने आबकारी विभाग और लाइसेंसधारक के बीच कथित मिलीभगत का आरोप लगाया है। ग्रामीणों का दावा है कि दुकान पर लंबे समय से नियमों के विपरीत शराब बिक्री होती रही है। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि दुकानों से कथित तौर पर ‘सुविधा शुल्क’ लिए जाने के कारण कार्रवाई नहीं होती। वायरल वीडियो में एक खरीदार द्वारा आबकारी पुलिस को हर महीने पांच हजार रुपये देने की बात कहे जाने का भी दावा किया जा रहा है। हालांकि, इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है। अब सवाल यह है कि वायरल वीडियो और स्थानीय शिकायतों के आधार पर विभाग आगे क्या कार्रवाई करता है।
उदयपुर में आम लोगों सहित किसानों और मजदूरों ने अपनी समस्याओं को लेकर कलेक्ट्रेट के बाहर प्रदर्शन किया। मजदूर और किसान संगठनों के बैनर तले सैकड़ों कार्यकर्ता जिला कलेक्ट्रेट के बाहर सोमवार को एकत्र हुए। इंटक, माकपा और सीटू के बैनर तले जुटे कार्यकर्ताओं ने सरकार की नीतियों के खिलाफ नारे लगाए। प्रदर्शनकारियों ने कहा- आम लोग महंगाई से परेशान है। प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने 'जेल भरो आंदोलन' के तहत सामूहिक गिरफ्तारियां दीं। कलेक्ट्रेट के बाहर 100 से अधिक लोगों ने गिरफ्तारी दी, जिन्हें पुलिस ने हिरासत में लेकर बसों से रवाना किया। इस आंदोलन की शुरुआत सुबह टाउन हॉल प्रांगण से हुई। शहर के अलग-अलग हिस्सों से कार्यकर्ता एकत्र हुए थे। इसके बाद कार्यकर्ताओं ने आक्रोश रैली निकाली। यह रैली बापू बाजार और दिल्ली गेट से गुजरती हुई जिला कलेक्ट्रेट पहुंची। रास्ते भर कार्यकर्ता मांगों के समर्थन में तख्तियां लेकर नारे लगाते रहे। कलेक्ट्रेट पहुंचने के बाद प्रदर्शनकारियों ने कलेक्ट्रेट के बाहर बड़ी आम सभा की। इसके बाद प्रतिनिधियों ने राष्ट्रपति के नाम जिला प्रशासन को 17 सूत्रीय मांगों का ज्ञापन सौंपा। 700 रुपए डेली मजदूरी तय करने की मांग माकपा के जिला सचिव और सीटू जिलाध्यक्ष राजेश सिंघवी ने बताया- यह प्रदर्शन देशव्यापी आह्वान के तहत आयोजित किया गया। सरकार को मजदूरों की मांगें माननी ही होंगी। प्रदर्शनकारियों की प्रमुख मांग मनरेगा योजना के तहत साल में 200 दिन का काम देने और 700 रुपए दैनिक मजदूरी तय करने की रखी है। मजदूर विरोधी चारों लेबर कोड वापस लेने, कम से कम 26 हजार रुपए महीना वेतन तय करने और किसानों की फसलों पर एमएसपी की कानूनी गारंटी देने की मांग उठाई गई। बिजली के नए स्मार्ट मीटर लगाने पर रोक लगाने की भी मांग माकपा के जिला सचिव और सीटू जिलाध्यक्ष राजेश सिंघवी ने बताया- पेट्रोल, डीजल और रसोई गैस के दाम तुरंत घटाने की मांग रखी गई। इसके अलावा दैनिक उपभोग की खाद्य सामग्री से जीएसटी हटाने और ईंधन में इथेनॉल मिलावट रोकने की बात कही गई। ऑनलाइन चालान के नाम पर हो रही वसूली बंद करने और बिजली के नए स्मार्ट मीटर लगाने पर रोक लगाने की मांग भी उठाई गई। इसके अलावा पेपर लीक के दोषियों पर सख्त कार्रवाई करने, कच्ची बस्तियों को पट्टे देने और सहारा व आदर्श क्रेडिट सोसायटियों के निवेशकों का फंसा पैसा दिलवाने का मुद्दा भी शामिल रहा। इस प्रदर्शन में भारतीय ट्रेड यूनियन केंद्र, ठेला व्यवसायी मजदूर यूनियन, कच्ची बस्ती फेडरेशन, लाल झंडा ऑटो चालक यूनियन, भारत की जनवादी नौजवान सभा और अखिल भारतीय जनवादी समिति के पदाधिकारी शामिल हुए।
'महिला टीचर ने तबादले की रंजिश में कराया हेडमास्टर पर हमला'; परिजनों ने लगाए आरोप, मोहाली की घटना
खरड़ में हेडमास्टर गुरसेवक सिंह की हत्या के मामले में परिजनों ने एक महिला टीचर पर तबादले की रंजिश में हमला कराने का आरोप लगाया है। पुलिस इस मामले की जांच कर रही है, जिसमें परिजनों के आरोपों की भी पड़ताल की जा रही है।
कासगंज पुलिस ने 'ऑपरेशन मुस्कान' के तहत त्वरित कार्रवाई करते हुए घर से लापता हुई दो नाबालिग सगी बहनों को 12 घंटे के भीतर सकुशल बरामद कर लिया है। पुलिस ने बच्चियों को उनके परिजनों को सौंप दिया। यह घटना 9 अगस्त की है। कासगंज शहर की स्टेट बैंक कॉलोनी निवासी एक व्यक्ति ने पुलिस को सूचना दी कि उसकी दोनों नाबालिग बेटियां घर से बिना बताए चली गई हैं। परिजनों के अनुसार, मां की डांट से नाराज होकर दोनों बहनें दोपहर करीब 12 बजे घर से निकली थीं। काफी तलाश के बाद भी उनका पता नहीं चला, जिसके बाद पुलिस को सूचित किया गया। सूचना मिलते ही प्रभारी निरीक्षक ने एक पुलिस टीम का गठन किया और बच्चियों की तलाश शुरू की। टीम ने सीसीटीवी फुटेज खंगाले और सोशल मीडिया सहित स्थानीय माध्यमों से जानकारी प्रसारित की। सीसीटीवी फुटेज में दोनों बच्चियां कासगंज रेलवे स्टेशन की ओर जाती हुई दिखाई दीं। इसके बाद पुलिस ने जीआरपी बरेली से संपर्क किया। समन्वय के आधार पर दोनों बच्चियों की लोकेशन बरेली रेलवे स्टेशन पर मिली। कासगंज पुलिस टीम ने जीआरपी बरेली के सहयोग से सोमवार को दोनों को सकुशल बरामद कर लिया। पूछताछ में बच्चियों ने बताया कि वे ट्रेन से बरेली पहुंची थीं। आवश्यक कानूनी कार्रवाई पूरी करने के बाद दोनों बहनों को उनके परिजनों के सुपुर्द कर दिया गया।
पंप एक्शन गन से फायरिंग में कार्रवाई:देवरिया पुलिस ने दो लोगों पर की FIR, उकसाने वाले पर भी कार्रवाई
देवरिया जिले के भलुअनी थाना क्षेत्र के हाटा गांव में लाइसेंसी 12 बोर पंप एक्शन गन से फायरिंग के मामले में पुलिस ने सोमवार को दो लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है। उपनिरीक्षक अखिलेश कुमार यादव की शिकायत पर यह कार्रवाई की गई, जब पुलिस जांच में फायरिंग की सूचना सही पाई गई। घटना सात अगस्त को हुई थी। पुलिस के अनुसार, छह अगस्त को हाटा गांव निवासी विश्वजीत सिंह उर्फ मल्लू द्वारा गांव के ही पुरेंद्र राव की लाइसेंसी पंप एक्शन गन से फायरिंग किए जाने की सूचना मिली थी। सूचना मिलने के बाद पुलिस ने मामले की जांच शुरू की। उपनिरीक्षक अखिलेश कुमार यादव ने सात अगस्त को हमराह पुलिसकर्मियों के साथ गांव पहुंचकर घटना के संबंध में लोगों से पूछताछ की और मौके पर जांच की। जांच के दौरान फायरिंग किए जाने की पुष्टि हुई। जांच में पुलिस को यह भी जानकारी मिली कि लाइसेंसी हथियार के धारक पुरेंद्र राव ने कथित तौर पर विश्वजीत सिंह को फायरिंग के लिए उकसाया था। इसके बाद पुलिस ने दोनों की भूमिका को आधार बनाकर संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज किया। पुलिस अब फायरिंग के कारणों, लाइसेंसी हथियार के इस्तेमाल और घटना से जुड़े अन्य तथ्यों की जांच कर रही है। यह भी देखा जा रहा है कि हथियार के इस्तेमाल में लाइसेंस की शर्तों का पालन हुआ था या नहीं। प्रभारी निरीक्षक राकेश राय ने बताया कि फायरिंग के मामले में दो लोगों के विरुद्ध मुकदमा दर्ज किया गया है और मामले की जांच जारी है।
नीमच जिले में सरकारी पट्टे की कृषि भूमि से जुड़ा 17 साल पुराना फर्जीवाड़ा एक बार फिर सुर्खियों में आ गया है। दुल्हाखेड़ा निवासी दलित मां-बेटे (मधु बाई और देवेंद्र मेघवाल) ने कलेक्टर कार्यालय पहुंचकर पट्टे की जमीन को फर्जी पावर ऑफ अटॉर्नी के जरिए बेचने का आरोप लगाया है। इसमें किसी व्यक्ति के नाम या हस्ताक्षर की नकल करके या धोखाधड़ी से उसकी संपत्ति और पैसों पर अधिकार जताया जाता है। पीड़ित परिवार के अनुसार, ग्राम जेतपुरा स्थित खसरा नंबर 28 (0.50 हेक्टेयर) की जमीन उनके दिवंगत पिता स्व. बाबूलाल मेघवाल को शासन से पट्टे पर मिली थी। आरोप है कि गिरदोड़ा निवासी मांगूसिंह राजपूत ने 9 अक्टूबर 2007 को फर्जी पावर ऑफ अटॉर्नी बनवाकर 16 नवंबर 2007 को करीब 1.40 लाख रुपए में यह जमीन भरत कुमार बैरागी के नाम बेच दी। कलेक्टर की अनुमति के बिना हुई रजिस्ट्री, कार्रवाई की मांग दलित परिवार का तर्क है कि नियम के मुताबिक सरकारी पट्टे की जमीन बिना कलेक्टर की अनुमति के नहीं बेची जा सकती। इसके बावजूद बिना आवश्यक जांच-पड़ताल के रजिस्ट्री और नामांतरण कर दिया गया। परिवार ने अवैध रजिस्ट्री को निरस्त करने और दोषियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने की मांग की है।
पीलीभीत में किसान की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत:धान के खेत में कीटनाशक छिड़काव के दौरान हुआ हादसा
पीलीभीत के बीसलपुर थाना क्षेत्र के ग्राम बसारा में सोमवार को धान के खेत में कीटनाशक का छिड़काव करने गए एक 55 वर्षीय किसान की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। किसान का शव खेत की मेड़ पर मिला। सूचना मिलने पर पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा। मृतक की पहचान ग्राम बसारा निवासी छत्रपाल (55) के रूप में हुई है। परिजनों ने बताया कि सोमवार को छत्रपाल अपने खेत में धान की फसल पर कीटनाशक दवा का छिड़काव करने गए थे। छिड़काव के बाद वे पानी लेने के लिए पास के ट्यूबवेल की ओर जा रहे थे, तभी अचानक खेत की मेड़ पर गिर पड़े और उनकी मृत्यु हो गई। पुलिस मामले की जांच कर रही छत्रपाल के काफी देर तक घर न लौटने पर परिजनों को चिंता हुई। परिवार के सदस्यों ने खेत और आसपास के इलाकों में उनकी तलाश शुरू की। इसी दौरान गांव के कुछ लोगों ने छत्रपाल को खेत की मेड़ के पास अचेत अवस्था में पड़ा देखा और परिजनों को सूचित किया। मौके पर पहुंचने पर परिजनों ने पाया कि छत्रपाल की मृत्यु हो चुकी थी। ग्रामीणों ने आशंका जताई है कि अत्यधिक गर्मी या कीटनाशक के प्रभाव के कारण यह घटना हुई हो सकती है। हालांकि, किसान की मौत के सही कारणों का अभी तक पता नहीं चल सका है। घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने पंचनामा भरकर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा। थाना अध्यक्ष संजीव कुमार शुक्ला ने बताया कि किसान की मौत का वास्तविक कारण पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
संभल में भारतीय किसान यूनियन (बीआरएसएस) भारत राष्ट्रीय सेवक संघ की ओर से सोमवार शाम ग्राम सारंगपुर में जनजागरण अभियान के तहत संगठनात्मक बैठक आयोजित की गई। शाम चार बजे हुई बैठक में संगठन को गांव स्तर तक मजबूत करने और किसानों की समस्याओं के समाधान के लिए रणनीति तैयार की गई। बैठक का नेतृत्व जिला उपाध्यक्ष मिंकू चौधरी ने किया। जबकि ब्लॉक महासचिव धीरेन्द्र त्यागी ने अध्यक्षता की और युवा जिला मीडिया प्रभारी निर्देश कुमार ने संचालन किया। बैठक को संबोधित करते हुए जिलाध्यक्ष कामेन्द्र चौधरी ने कहा कि संगठन का उद्देश्य केवल सदस्य संख्या बढ़ाना नहीं, बल्कि किसानों की समस्याओं को मजबूती से शासन-प्रशासन तक पहुंचाना है। उन्होंने बताया कि प्रत्येक ब्लॉक, तहसील और ग्राम स्तर पर नई कार्यकारिणी गठित करने के साथ सदस्यता अभियान चलाकर किसानों और युवाओं को संगठन से जोड़ा जाएगा। उन्होंने आय, जाति और निवास प्रमाण पत्र बनवाने में परेशानी, वारिसान दर्ज कराने, गन्ना भुगतान में देरी, बिजली कटौती, स्मार्ट मीटर, आवारा पशुओं से फसलों की सुरक्षा तथा खाद-बीज की कालाबाजारी जैसी समस्याओं को प्रमुखता से उठाया और इनके शीघ्र समाधान की मांग की। इसके अलावा गांवों में रहस्यमयी बुखार की रोकथाम के लिए नियमित कीटनाशक छिड़काव, गंगा एक्सप्रेसवे की सर्विस रोड पर दिशा-सूचक बोर्ड लगाने और संभल रेल विस्तारीकरण से जुड़ी समस्याओं के समाधान की मांग भी उठाई गई। संगठन ने इन मुद्दों को लेकर संबंधित विभागों और प्रशासनिक अधिकारियों को जल्द ज्ञापन देने का निर्णय लिया। इस बैठक में संगठन विस्तार करते हुए गौरव चौधरी को जिला सचिव सम्भल, श्रीपाल यादव को तहसील संगठन मंत्री, अशोक यादव को ग्राम महासचिव, बालजीत यादव और विजयपाल शर्मा को ग्राम सचिव तथा अतुल यादव को ग्राम प्रभारी नियुक्त किया गया। नवनियुक्त पदाधिकारियों का स्वागत करते हुए संगठन को मजबूत करने का आह्वान किया गया। जिला उपाध्यक्ष मिंकू चौधरी ने कहा कि संगठन लोकतांत्रिक तरीके से किसानों की समस्याओं के लिए संघर्ष करता रहेगा और यदि समय रहते समस्याओं का समाधान नहीं हुआ तो चरणबद्ध आंदोलन शुरू किया जाएगा।
11 एंटी-वेनम लगने के बावजूद युवक की जान नहीं बची:फर्रुखाबाद में घर की सफाई करते समय सांप ने डसा था
फर्रुखाबाद जनपद के अमृतपुर कस्बे में सोमवार को सुबह 11 बजे घर की सफाई के दौरान सांप के डसने से एक युवक की मौत हो गई। युवक को लोहिया अस्पताल लाया गया, जहां उसे 11 एंटी-वेनम डोज दी गईं, लेकिन उसकी जान नहीं बचाई जा सकी। मृतक की पहचान 45 वर्षीय सर्वेश कुमार के रूप में हुई है, जो पानीपत में निजी नौकरी करते थे। सोमवार सुबह वह अपने घर लौटे थे। सुबह करीब 11 बजे वह घर की नाली साफ कर रहे थे, तभी एक सांप ने उन्हें डस लिया। सर्वेश ने तुरंत अपने भाई उमेश और भतीजे को घटना की जानकारी दी। वे उन्हें बाइक से लोहिया अस्पताल की इमरजेंसी लेकर पहुंचे। अस्पताल में डॉक्टरों ने उन्हें 11 एंटी-वेनम इंजेक्शन लगाए और उपचार किया। उपचार के बावजूद, सर्वेश कुमार की कुछ देर बाद मौत हो गई। युवक की मौत से परिवार में मातम छा गया। अस्पताल प्रशासन ने शव को मोर्चरी में रखवाकर स्थानीय पुलिस को सूचना दी। उमेश ने बताया कि उनके बड़े भाई सर्वेश अपनी पत्नी सुनीता और दो बेटों प्रिंस व प्रतीक के साथ पानीपत में रहते थे। कस्बा स्थित उनका मकान बंद रहता था और उसका कुछ हिस्सा कच्चा भी है। वर्तमान में बारिश और बाढ़ का मौसम चल रहा है। सर्वेश की पत्नी और बेटे पानीपत में ही हैं, उन्हें घटना की सूचना दे दी गई है। मृतक की मां सत्यवती सहित परिवार के अन्य सदस्य भी इस घटना से सदमे में हैं।
मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने जम्मू-कश्मीर में मंत्रिमंडल विस्तार की पुष्टि की है, जिसमें कहा गया है कि यह प्रक्रिया जल्द पूरी होगी।
बसपा बैठक में संगठन मजबूत करने पर जोर:घनश्यामचंद खरवार बोले- मेहनत से आगे बढ़ाएं आंदोलन
देवरिया में बहुजन समाज पार्टी द्वारा सोमवार को बरहज विधानसभा क्षेत्र के सोनूबाट सेक्टर नंबर-2 में एक कार्यकर्ता बैठक का आयोजन किया गया। दोपहर 1 बजे से 4 बजे तक चली इस बैठक का मुख्य उद्देश्य संगठन को मजबूत करना और पार्टी के आंदोलन को आगे बढ़ाना था। बैठक के मुख्य अतिथि पूर्व सांसद और गोरखपुर-बस्ती मंडल के मुख्य मंडल प्रभारी घनश्यामचंद खरवार थे। उन्होंने कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए कहा कि बसपा केवल एक राजनीतिक दल नहीं, बल्कि बहुजन महापुरुषों द्वारा चलाया गया एक आंदोलन है। उन्होंने पार्टी की विचारधारा को महात्मा ज्योतिबा फुले, छत्रपति शाहूजी महाराज और डॉ. भीमराव आंबेडकर के विचारों पर आधारित बताया। खरवार ने जोर दिया कि इस आंदोलन को आगे बढ़ाने के लिए सभी कार्यकर्ताओं और पदाधिकारियों को पूरी मेहनत और निष्ठा के साथ काम करना होगा। उन्होंने बूथ स्तर तक संगठन को मजबूत करने की आवश्यकता पर बल दिया, ताकि बहुजन समाज को एकजुट किया जा सके। उन्होंने सामाजिक समानता, भाईचारा और लोकतांत्रिक मूल्यों को मजबूत करने के लिए कार्यकर्ताओं से लगातार जनता के बीच रहकर काम करने का आह्वान किया। बैठक को मंडल प्रभारी सुधीर मास्टर, हरेंद्र गौतम, ओमप्रकाश गौतम, नथुनी प्रसाद, गोविंद कुमार भारती, छेदी मास्टर भाकेका और पूर्व जिलाध्यक्ष प्रमोद आजाद ने भी संबोधित किया। सभी वक्ताओं ने संगठन को मजबूत करने तथा पार्टी की नीतियों और विचारधारा को जन-जन तक पहुंचाने का आह्वान किया। बसपा जिलाध्यक्ष नितिश कुमार ने कार्यकर्ताओं से आपसी समन्वय के साथ संगठनात्मक गतिविधियों को गति देने की अपील की। जिला महासचिव रविंद्र सिंह सैंथवार ने बैठक का संचालन करते हुए मजबूत संगठन के लिए कार्यकर्ताओं की सक्रिय भागीदारी को आवश्यक बताया। इस अवसर पर भोला तिवारी, संतोष कुमार, जनवार साकी, रोहित कुमार, हरेराम प्रसाद, राकेश कुमार, राधेश्याम प्रसाद, बालचंद राही, अजय मास्टर, रामदास कुशवाहा, संदेश यादव, श्रीकृष्ण भारती, चंद्रशेखर कनौजिया, रामाश्रय, पवन कुमार सहित बड़ी संख्या में पार्टी पदाधिकारी और कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
जिस बेटे की पहचान एक चर्चित और दबंग सांसद परिवार से जुड़ी थी, उसकी सड़क हादसे में मौत के बाद जब पुलिस ने कार की तलाशी ली तो वहां हथियार या ड्रग्स नहीं, बल्कि दो चर्चित अंग्रेजी किताबें मिलीं। माफिया अतीक अहमद के सबसे छोटे बेटे अबान अहमद की झांसी में सड़क हादसे में मौत के बाद पुलिस की जांच में अबान जिस क्रेटा कार से जा रहा था उसमें दो अंग्रेजी किताबें बरामद हुईं। इनमें ‘द स्टेशनरी शॉप ऑफ तेहरान’ और ‘द इडिएट’ शामिल हैं। दोनों किताबें दुनिया की सबसे चर्चित रचनाओं में गिनी जाती हैं, किताबों में एक रूसी लेखक फ्योदोर दोस्तोयेव्स्की की मशहूर किताब द इडियट जो 150 साल पुरानी किताब है और दूसरी ईरानी मूल की अमेरिकी लेखिका मर्जान कमाली का उपन्यास द स्टेशनरी शॉप ऑफ तेहरान जो 1953 की है। द स्टेशनरी शॉप ऑफ तेहरान किताब में प्रेम, बिछड़ने और ईरान के इतिहास की भावुक कहानी है, जबकि दूसरी द इडिएट में इंसानी स्वभाव, अच्छाई, प्रेम और समाज की सोच को गहराई से समझने वाला विश्व प्रसिद्ध उपन्यास है। आमतौर पर सड़क हादसे के बाद कार से मिले सामान पर ज्यादा चर्चा नहीं होती, लेकिन इन दोनों चर्चित किताबों के सामने आने के बाद लोगों की उत्सुकता बढ़ गई है। ‘द स्टेशनरी शॉप ऑफ तेहरान’ में पहली मोहब्बत और बिछड़ने की कहानी दूसरी किताब ‘द स्टेशनरी शॉप ऑफ तेहरान’ (The Stationery Shop of Tehran) की लेखिका मार्जन कमाली हैं। यह किताब प्रेम, बिछड़ने, परिवार और ईरान के राजनीतिक इतिहास को जोड़कर लिखी गई भावुक कहानी है। द स्टेशनरी शॉप ऑफ तेहरान’ की खास बात यह है कि इसकी प्रेम कहानी के पीछे 1953 के ईरान का वास्तविक राजनीतिक संकट है। कहानी में रोया और बहमन 17 साल के हैं और तेहरान की एक स्टेशनरी की दुकान में पहली बार मिलते हैं। दोनों को किताबों और खास तौर पर रूमी की कविताओं में दिलचस्पी है। मुलाकात धीरे-धीरे प्यार में बदल जाती है और दोनों साथ भविष्य के सपने देखने लगते हैं। इसी दौरान ईरान राजनीतिक उथल-पुथल से गुजर रहा होता है। बहमन राजनीतिक रूप से सक्रिय है और तत्कालीन लोकतांत्रिक रूप से निर्वाचित प्रधानमंत्री मोहम्मद मोसादेघ का समर्थक है। मोसादेघ के तेल उद्योग के राष्ट्रीयकरण के फैसले से ईरान का पश्चिमी शक्तियों से टकराव बढ़ जाता है। रोया और बहमन जब अपनी शादी की तैयारी कर रहे होते हैं, तभी 1953 का तख्तापलट उनकी जिंदगी बदल देता है। मोसादेघ को सत्ता से हटा दिया जाता है, उनके समर्थकों पर कार्रवाई होती है और शाह की सत्ता वापस स्थापित हो जाती है। इस राजनीतिक उथल-पुथल के बीच रोया और बहमन अलग हो जाते हैं और दशकों तक एक-दूसरे से नहीं मिल पाते। इस तरह किताब एक प्रेम कहानी के जरिए ईरान के उस दौर की राजनीति, सत्ता संघर्ष और आम लोगों की जिंदगी पर पड़े उसके असर को सामने रखती है। द इडिएट-इंसानी अच्छाई, प्रेम और समाज की सोच पर फ्योदोर दोस्तोयेव्स्की का ‘द इडिएट’ वर्ष 1869 में प्रकाशित हुआ प्रसिद्ध रूसी उपन्यास है। इसकी कहानी प्रिंस लेव मिश्किन नाम के एक बेहद ईमानदार, दयालु और मासूम व्यक्ति के आसपास घूमती है। कई साल इलाज कराने के बाद मिश्किन रूस लौटता है और ऐसे समाज में पहुंचता है, जहां पैसा, स्वार्थ और महत्वाकांक्षा रिश्तों पर हावी हैं। उसकी सच्चाई और मासूमियत को लोग उसकी कमजोरी समझते हैं और उसे ‘इडिएट’ यानी मूर्ख कहने लगते हैं। कहानी में प्रेम, ईर्ष्या, लालच, रिश्तों और इंसानी मानसिकता को बेहद गहराई से दिखाया गया है। मिश्किन के जीवन में नास्तास्या फिलिप्पोव्ना और अग्लाया नाम की दो महिलाएं आती हैं, जिसके बाद कहानी और भी भावुक और उलझी हुई हो जाती है। दोस्तोयेव्स्की की जिंदगी से जुड़ा खास किस्सा इस किताब का एक दिलचस्प संबंध खुद इसके लेखक फ्योदोर दोस्तोयेव्स्की की जिंदगी से भी है। वर्ष 1849 में राजनीतिक गतिविधियों से जुड़े एक मामले में उन्हें मौत की सजा सुनाई गई थी। उन्हें कुछ अन्य लोगों के साथ फायरिंग स्क्वॉड के सामने खड़ा कर दिया गया था। आखिरी वक्त में उनकी मौत की सजा बदलकर साइबेरिया में कठोर श्रम की सजा कर दी गई। मौत के बेहद करीब पहुंचने का यह अनुभव उनके जीवन पर गहरा असर छोड़ गया। माना जाता है कि इसी अनुभव की छाप ‘द इडिएट’ में भी दिखाई देती है। उपन्यास में प्रिंस मिश्किन मौत की सजा पाने वाले व्यक्ति की मनःस्थिति और मौत से कुछ पल पहले उसके मन में चलने वाले विचारों के बारे में बात करता है। इस तरह किताब सिर्फ एक कहानी नहीं, बल्कि इंसान की जिंदगी, मौत, अच्छाई और मानसिक संघर्ष को समझने की कोशिश भी करती है। अबान भाई से मिलने झांसी जेल जा रहा था, सड़क हादसे में हुई थी मौत अबान की गुरुवार (6 अगस्त) सुबह झांसी में सड़क हादसे में मौत हुई थी। वह प्रयागराज से झांसी जेल में बंद भाई अली से मिलने जा रहा था। क्रेटा कार में उसके 4 और दोस्त थे। सुबह 10:30 बजे हाईवे पर जानवर को बचाने के चक्कर में कार डिवाइडर से टकरा गई थी। हादसे में अबान और उसके दोस्त सोनू की मौत हो गई, जबकि तीन दोस्त घायल हो गए थे। दोस्त-रिश्तेदारों के साथ कार से जा रहा था अबान
राजस्थान में MBBS की पढ़ाई पूरी कर चुके डॉक्टरों के लिए जल्द भर्ती निकाली जाएगी। सरकार प्रदेश में 600 मेडिकल ऑफिसर (MO) की भर्ती प्रक्रिया के लिए RUHS के जरिए आवेदन मांगेगी। मेडिकल हेल्थ डिपार्टमेंट से इन पदों पर भर्ती का प्रस्ताव तैयार करके चिकित्सा मंत्री को भिजवाया गया था, जिसे मंत्री ने अब मंजूरी दे दी है। चिकित्सा और स्वास्थ्य मंत्री गजेंद्र सिंह खींवसर ने बताया- विभाग में अलग-अलग पदों पर हमारी सरकार आने के बाद से अब तक 39 हजार 288 पदों पर भर्ती और नियुक्ति की कार्रवाई की जा चुकी है। इसमें 208 मेडिकल ऑफिसर (डेंटिस्ट), 1699 मेडिकल ऑफिसर, 19 हजार 240 अराजपत्रित संवर्ग के पदों पर नियुक्तियां की जा चुकी हैं। इसी प्रकार मेडिकल एज्युकेशन सेक्शन में असिस्टेंट प्रोफेसर के 15 पदों पर नियुक्ति दी जा चुकी हैं। वहीं राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (NHM) में भी 18 हजार 126 पदों पर नियुक्तियां दी जा चुकी हैं। RUHS के माध्यम से होगी भर्ती मंत्री गजेंद्र सिंह खींवसर ने बताया- भर्ती के लिए जल्द ही आवेदन मांगने की प्रक्रिया शुरू होगी। इन डॉक्टर्स के आने के बाद स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। यह खबर भी पढ़ें... राजस्थान हाईकोर्ट में स्टेनोग्राफर के 163 पदों पर भर्ती:12वीं पास उम्मीदवार कर सकेंगे अप्लाई; जानें- कब से शुरू होंगे आवेदन राजस्थान हाईकोर्ट ने स्टेनोग्राफर के 163 पदों पर भर्ती के लिए ऑनलाइन आवेदन मांगे हैं। इसके लिए पात्र अभ्यर्थी 22 जुलाई से 10 अगस्त तक जोधपुर हाईकोर्ट की ऑफिशियल वेबसाइट पर ऑनलाइन आवेदन कर सकेंगे। (पूरी खबर पढ़ें)
कुरुक्षेत्र जिले के शाहाबाद में रतनगढ़ गांव में घर के बाहर बैठी बुजुर्ग महिला के कान से बाइक पर आयार युवक सोने की बाली झपटकर फरार हो गया। युवक ने पहले महिला से पीने के लिए पानी मांगा। महिला पानी देने के लिए घर के अंदर जाने लगी, तभी युवक ने उसके कान से बाली झपट ली। बाली खींचने से महिला का कान फट गया और वह लहूलुहान हो गई। आरोपी वारदात के बाद महिला को धक्का देकर बाइक से फरार हो गया। परिवार उसे तुरंत शाहाबाद के प्राइवेट अस्पताल लेकर पहुंचे। डॉक्टरों ने महिला के कान पर 8 टांके लगाए। अभी महिला का अस्पताल में इलाज चल रहा है। खुद सुनाई अपनी आपबीती अस्पताल में भर्ती बुजुर्ग जोगिंद्रो देवी ने छीना-झपटी की पूरी वारदात सुनाई। उन्होंने बताया कि वह घर के बाहर बैठी हुई थी। इसी दौरान बाइक पर एक लड़का वहां पहुंचा। उसने उस लड़के से पूछा कि वो यहां क्यों खड़ा है। तब उस लड़के बताया कि वो पिपली से आया है। गांव में उसका कोई जानकार आने वाला है। कुछ देर बाद उसने पीने के लिए पानी मांगा। सोने की बाली झपट ले गया उसने अंदर जाने की बजाए घर के अंदर आवाज लगाकर पानी मंगवाया। इसी बीच मौका पाकर उस लड़के ने उसके कान की सोने की बाली पर झपट्टा मार दिया। उसने बाली इतनी जोर से खींची कि मेरा कान फट गया। अचानक उसे भी कुछ समझ नहीं आया। इसके बाद वो लड़का उसे धक्का देकर भाग गया। पीछे भी लगे, पकड़ा नहीं गया उसका शोर सुनकर आसपास के लोग तुरंत आ गए। तब गांव के लोगों ने उसको पकड़ने के लिए पीछा भी किया, लेकिन आरोपी बाइक पर तेजी नेशनल हाईवे की तरफ निकल गया। तब परिवार ने उसे अस्पताल में भर्ती करवाया। उसके काने में डॉक्टरों ने 8 टांके लगाए। CCTV फुटेज खंगाल रही पुलिस घटना की शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने आरोपी की तलाश शुरू कर दी है। थाना शाहाबाद SHO जगदीश कुमार ने बताया कि बुजुर्ग महिला से बाली झपटने की शिकायत मिली है। आरोपी की पहचान और गिरफ्तारी के लिए आसपास लगे CCTV कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है।
वीर बहादुर सिंह पूर्वांचल विश्वविद्यालय के दत्तोपंत ठेंगड़ी विधि संस्थान ने सोमवार को चुनौतियों से कैसे लड़ा जाए विषय पर एक प्रेरणादायी मोटिवेशनल टॉक का आयोजन किया। आर्यभट्ट सभागार में दोपहर 12 बजे से 3 बजे तक चले इस कार्यक्रम के मुख्य वक्ता कीर्ति चक्र से सम्मानित लेफ्टिनेंट कर्नल पुष्पेंद्र सिंह रहे। लेफ्टिनेंट कर्नल पुष्पेंद्र सिंह ने अपने संबोधन में कहा कि जीवन में चुनौतियां सभी के सामने आती हैं। उन्होंने जोर दिया कि सफलता उन्हीं को मिलती है जो कठिन परिस्थितियों में भी धैर्य, अनुशासन और आत्मविश्वास बनाए रखते हैं। उन्होंने अपने सैन्य जीवन के अनुभवों को साझा करते हुए विद्यार्थियों को कठिनाइयों से न घबराने और अपने लक्ष्य की ओर निरंतर बढ़ते रहने का आह्वान किया। उन्होंने विद्यार्थियों को प्रेरित करते हुए कहा, वीर तुम बढ़े चलो, कठिनाइयों से मत डरो। लेफ्टिनेंट कर्नल सिंह ने दृढ़ संकल्प और निरंतर प्रयास के महत्व पर बल दिया, जिससे किसी भी कठिन लक्ष्य को प्राप्त किया जा सकता है। उन्होंने नेतृत्व की भावना विकसित करने पर भी जोर दिया और कहा कि नेतृत्व केवल आदेश देना नहीं, बल्कि कठिन समय में स्वयं आगे बढ़कर उदाहरण प्रस्तुत करना है। उन्होंने युवाओं को राष्ट्र और समाज के प्रति अपने दायित्वों का निर्वहन करने की भी सलाह दी। कुलपति प्रो. वंदना सिंह ने लेफ्टिनेंट कर्नल पुष्पेंद्र सिंह के जीवन को युवा पीढ़ी के लिए साहस, कर्तव्यनिष्ठा, राष्ट्रभक्ति और अनुशासन की प्रेरणा बताया। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों को शैक्षणिक ज्ञान के साथ-साथ जीवन की चुनौतियों का सामना करने के लिए साहस, आत्मविश्वास और नेतृत्व क्षमता भी विकसित करनी चाहिए। कुलपति ने विश्वास व्यक्त किया कि मुख्य वक्ता के सैन्य अनुभव और जीवन-संघर्ष विद्यार्थियों के व्यक्तित्व निर्माण में सहायक सिद्ध होंगे। कार्यक्रम का शुभारंभ सरस्वती वंदना, दीप प्रज्वलन और विश्वविद्यालय के कुलगीत से हुआ। दत्तोपंत ठेंगड़ी विधि संस्थान के निदेशक प्रो. विनोद कुमार ने मुख्य वक्ता और उपस्थित अतिथियों का स्वागत किया। इस अवसर पर विश्वविद्यालय की ओर से मुख्य वक्ता लेफ्टिनेंट कर्नल पुष्पेंद्र सिंह, कीर्ति चक्र को अभिनंदन-पत्र, स्मृति-चिह्न और अंगवस्त्रम् भेंट कर सम्मानित किया गया। कार्यक्रम का संचालन डॉ. अनुराग मिश्र ने किया। इस अवसर पर प्रो. मानस पांडेय, प्रो. प्रमोद कुमार यादव, प्रो. मिथिलेश कुमार सिंह, डॉ. वनिता सिंह, डॉ. प्रियंका कुमारी,श्री प्रकाश यादव, डॉ. राजित राम सोनकर, डॉ. अंकित कुमार, डॉ. दिनेश कुमार सिंह, डॉ. प्रमोद कुमार, डॉ. राहुल कुमार राय, डॉ. इन्द्रजीत सिंह, श्री रविकेश कुमार मौर्य, डॉ. विपिन कुमार सिंह, डॉ. आश्रया दुबे, डॉ. शुभम सिंह एवं योगेश उत्तम सहित विश्वविद्यालय के शिक्षकगण एवं बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।
संतकबीरनगर के बेलहर थाना क्षेत्र में सोमवार दोपहर करीब 3 बजे आमी नदी में डूबने से एक व्यक्ति की मौत की आशंका है। हादसा लौकी मिश्र घाट पर अंतिम संस्कार में शामिल होने के दौरान हुआ। मृतक की पहचान बखिरा थाना क्षेत्र के कुसुरू खुर्द गांव निवासी 55 वर्षीय रामधनी चौहान पुत्र स्वर्गीय हरिद्वार के रूप में हुई है। रामधनी चौहान भाजपा नेता रामहित चौहान की माता के अंतिम संस्कार में शामिल होने के लिए लौकी मिश्र घाट पहुंचे थे।परिजनों और ग्रामीणों के मुताबिक अंतिम संस्कार की प्रक्रिया पूरी होने के बाद रामधनी चौहान आमी नदी में स्नान करने गए थे। बताया जा रहा है कि उन्होंने नदी में डुबकी लगाई और इसके बाद गहरे पानी में चले गए। आसपास मौजूद लोगों ने उन्हें बचाने और तलाशने का प्रयास किया, लेकिन उनका पता नहीं चल सका। पुलिस ने स्थानीय लोगों के साथ शुरू की तलाश घटना की सूचना मिलते ही बेलहर पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने स्थानीय लोगों के साथ मिलकर नदी में खोजबीन शुरू की। नदी में लगातार रामधनी चौहान की तलाश की जा रही है। उनका शव बरामद नहीं हो सका था। पुलिस और स्थानीय लोग नदी में तलाश अभियान जारी रखे हुए थे। परिवार और ग्रामीण घाट पर पहुंचे हादसे की जानकारी मिलते ही रामधनी चौहान के परिवार के सदस्य और गांव के लोग लौकी मिश्र घाट पहुंच गए। घाट पर परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल था। बेलहर थाना प्रभारी हरिकेश भारती ने बताया कि नदी में डूबे व्यक्ति की तलाश कराई जा रही है। पुलिस टीम स्थानीय लोगों के साथ खोजबीन में जुटी है।
बुलंदशहर में कांवड़ यात्रियों के लिए सेवा शिविर:ठंडे जल, भोजन और प्राथमिक चिकित्सा की व्यवस्था
बुलंदशहर में कांवड़ यात्रा के अवसर पर श्रद्धालुओं की सेवा और सहायता के लिए सोमवार शाम 4 बजे से सेवा शिविर का आयोजन किया गया है। यह शिविर निर्मला कॉन्वेंट स्कूल के सामने, चीर घर बाईपास शिकारपुर रोड पर लगाया गया है। इसमें कांवड़ यात्रियों के लिए ठंडे जल, प्राथमिक चिकित्सा, विश्राम, फल और भोजन की व्यवस्था की गई है। शिविर के आयोजक सचिन वशिष्ठ खैरपुर ने बताया कि समाज और श्रद्धालुओं की सेवा करना उनकी जिम्मेदारी है। उन्होंने कहा कि राजनीति केवल मंचों तक सीमित न रहकर जनसेवा के रूप में जमीन पर दिखनी चाहिए। वशिष्ठ ने युवाओं से समाज और जनहित के कार्यों में आगे आने का आह्वान किया, जिससे क्षेत्र में सकारात्मक बदलाव लाया जा सके। एक अन्य आयोजक प्रिंस शर्मा ने कहा कि कांवड़ यात्रियों की सेवा करना भगवान शिव की सेवा करने के समान है। उन्होंने धर्म और समाज की सेवा के साथ-साथ जनहित के कार्यों में पूरी निष्ठा से योगदान देने का संकल्प दोहराया। इस सेवा शिविर में प्रिय शर्मा, आकाश शर्मा, विशाल शर्मा, यश तोमर, निशांत गुप्ता, काजू पंडित, नितेश शर्मा, प्रवीन शर्मा, कृष्ण वशिष्ठ, गुड्डन शर्मा, ललित शर्मा, मुकेश शर्मा और राजेश शर्मा सहित कई अन्य लोग मौजूद रहे। इन सभी ने कांवड़ यात्रियों की सेवा में अपना योगदान दिया।
बलिया में जनजातीय अधिकारों को बताया:सचिव बोले- कानूनी प्रावधानों के बारे में जागरूक रहना चाहिए
बलिया के बांसडीह तहसील सभागार में सोमवार को जनजातीय समुदाय के अधिकारों और राष्ट्रीय लोक अदालत पर एक विधिक जागरूकता शिविर लगाया गया। यह शिविर उत्तर प्रदेश राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, लखनऊ के निर्देशानुसार और जिला न्यायाधीश अनिल कुमार झा के आदेशानुसार लगा। शिविर की अध्यक्षता जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, बलिया के पूर्णकालिक सचिव चंद्र प्रकाश तिवारी ने की। सचिव चंद्र प्रकाश तिवारी ने शिविर में उपस्थित जनजातीय समुदाय के लोगों को उनके कानूनी अधिकारों के बारे में विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने बताया कि संविधान और विभिन्न कानूनी प्रावधानों के तहत उन्हें अधिकार प्राप्त हैं, जिनके प्रति उन्हें जागरूक रहना चाहिए। किसी भी प्रकार के शोषण, भेदभाव या अधिकारों के हनन की स्थिति में निःशुल्क विधिक सहायता प्राप्त करना उनका अधिकार है। कार्यक्रम में सभी प्रतिभागियों से अपील की गई कि वे शासन द्वारा जनजातीय समुदाय के लिए संचालित जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ उठाएं। आवश्यकता पड़ने पर जिला विधिक सेवा प्राधिकरण से निःशुल्क विधिक सहायता प्राप्त करने के लिए संपर्क करें। इस दौरान 12 सितंबर 2026 को आयोजित होने वाली राष्ट्रीय लोक अदालत के संबंध में भी विस्तार से जानकारी दी गई। उपस्थित लोगों को बताया गया कि लोक अदालत के माध्यम से विभिन्न प्रकार के लंबित और प्री-लिटिगेशन मामलों का आपसी सुलह-समझौते के आधार पर सरल, त्वरित और प्रभावी ढंग से निस्तारण कराया जा सकता है। लोक अदालत विवादों के सौहार्दपूर्ण समाधान का एक महत्वपूर्ण माध्यम है। बांसडीह के तहसीलदार नितिन कुमार सिंह ने आमजन से राष्ट्रीय लोक अदालत का अधिक से अधिक लाभ उठाने और अपने लंबित या संभावित विवादों के निस्तारण के लिए जिला विधिक सेवा प्राधिकरण से संपर्क करने की अपील की। उन्होंने पात्र व्यक्तियों को निःशुल्क विधिक सहायता और सलाह उपलब्ध कराने की भी जानकारी दी। इस अवसर पर नायब तहसीलदार रजनीश कुमार सिंह, बार एसोसिएशन के अध्यक्ष चंद्रशेखर सिंह, पूर्व अध्यक्ष महेश प्रताप सिंह, भानु प्रताप सिंह, अधिवक्ता गोपाल जी मिश्र, अरविंद कुमार पाण्डेय, पैरा लीगल वालंटियर्स विजय सिंह, प्रवीण चौबे, सत्येंद्र पाठक, मुनिशंकर, मुरली मनोहर, वादकारीगण और जनजातीय समुदाय के लोग सहित अन्य गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे।
कैथल में किसानों और ट्रेड यूनियनों का प्रोटेस्ट:जेल भरो आंदोलन चलाया, सरकार के नाम ज्ञापन दिया
कैथल में संयुक्त किसान मोर्चा और ट्रेड यूनियन के आह्वान पर सभी विभागों के कर्मचारियों व किसानों ने सरकार के खिलाफ प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के बाद उन्होंने जेल भरो आंदोलन किया। इसके माध्यम से ट्रेड डील का भी विरोध किया गया। इस संबंध में पहले से ही पूरे प्रदेश में जेल भरो आंदोलन की अलग अलग संगठनों की तरफ से कॉल की गई थी। आज सुबह से ही किसान व कर्मचारियों के संगठन अपनी मांगों को लेकर एक साथ जिला सचिवालय पहुंचे और सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। सरकार के नाम प्रशासन को ज्ञापन भी सौंपा। सामूहिक गिरफ्तारियां दी दोपहर बाद तक कर्मचारी और किसान मौके पर इकट्ठे हुए और सामूहिक गिरफ्तारियां दी। सभी कर्मचारियों की अलग अलग मांगे थी, जिसमें कच्चे कर्मचारियों को पक्का करना व बचा हुआ मानदेय देने समेत कई मांगों को लेकर संयुक्त रूप से प्रदर्शन किया गया। प्रशासन की तरफ से पुलिस लाइन में अस्थाई जेल बनाई गई थी। जिला सचिवालय में प्रदर्शन कर रहे सभी किसानों पर कर्मचारियों को गिरफ्तार करके बसों में भरकर पुलिस लाइन भेज दिया गया। डील को तुरंत रद्द करने की मांग प्रदर्शन कर किसान सतपाल सिंह, कृष्ण कुमार, नरेश व अन्य ने बताया कि सरकार ट्रेड डील के माध्यम से सरकार किसानों के साथ अन्याय कर रही है। भारत-अमेरिका ट्रेड डील केवल व्यापार का समझौता नहीं है, बल्कि यह देश की खेती, खाद्य सुरक्षा, ग्रामीण अर्थव्यवस्था और आत्मनिर्भरता पर सीधा हमला है। अगर यह ट्रेड डील लागू होती है तो अमेरिका और अन्य देशों के बड़े-बड़े कृषि उत्पाद भारतीय बाजार में आएंगे। सरकारें इसे विकास और व्यापार बढ़ाने का नाम देंगी, लेकिन इससे भारत के किसानों को नुकसान होगा। उन्होंने डील को तुरंत रद्द करने की मांग की। कैथल एसडीएम संजय कुमार ने किसानों और कर्मचारियों को गिरफ्तार करने के कर्मचारियों को आदेश दिए। इसके बाद सबको बसों में भरकर अस्थाई जेल ले जाया गया, जहां से बाद में नाम पता दर्ज कर उनको छोड़ा गया।
चित्रकूट के पहाड़ी ब्लॉक की उन्ना बन्ना ग्राम पंचायत के दर्जनों ग्रामीण सोमवार को गांव की बदहाल सड़क की शिकायत लेकर जिलाधिकारी कार्यालय पहुंचे। ग्रामीणों का कहना है कि आजादी के बाद से गांव की मुख्य सड़क का निर्माण नहीं हुआ है। बारिश के दिनों में सड़क पर कीचड़ और जलभराव होने से ग्रामीणों का आवागमन मुश्किल हो जाता है। ग्रामीणों ने जिलाधिकारी से सड़क का स्थलीय निरीक्षण कराकर जल्द निर्माण कार्य शुरू कराने की मांग की है। ग्रामीणों के मुताबिक बारिश होते ही गांव की मुख्य सड़क पर जगह-जगह पानी और कीचड़ भर जाता है। इसका सबसे ज्यादा असर स्कूली बच्चों पर पड़ता है। बच्चे इसी खराब रास्ते से स्कूल जाने को मजबूर हैं। ग्रामीणों ने बताया कि कई बार कीचड़ में फिसलने के कारण बच्चे गिर भी जाते हैं। ग्रामीणों का कहना है कि लंबे समय से सड़क निर्माण की मांग की जा रही है, लेकिन अब तक समस्या का समाधान नहीं हुआ। 70 साल के बुजुर्ग बोले- उम्र बीत गई, सड़क नहीं बनी ग्रामीण विकास कुमार मिश्रा ने बताया कि सड़क की हालत लंबे समय से खराब है। 70 वर्षीय विश्व दत्त द्विवेदी ने कहा कि उनकी उम्र बीत गई, लेकिन गांव की सड़क का निर्माण आज तक नहीं हो सका। उन्होंने बताया कि ग्रामीण वर्षों से सड़क बनवाने की मांग कर रहे हैं। बारिश के मौसम में समस्या और गंभीर हो जाती है। एंबुलेंस नहीं पहुंचती, चारपाई पर मरीज को ले जाते हैं ग्रामीणों ने बताया कि सड़क खराब होने का असर आपात स्थिति में भी देखने को मिलता है। गांव में किसी के बीमार पड़ने पर एंबुलेंस खराब रास्ते के कारण अंदर तक नहीं पहुंच पाती। ऐसे में मरीज को चारपाई पर रखकर कच्चे और कीचड़ भरे रास्ते से कुछ दूरी तक मुख्य सड़क पर ले जाना पड़ता है। इसके बाद ही एंबुलेंस से मरीज को अस्पताल पहुंचाया जा सकता है। स्वच्छता के लिए सम्मानित पंचायत में सड़क की बदहाली पर सवाल ग्रामीणों ने ग्राम पंचायत की स्थिति को लेकर भी सवाल उठाए। उनका कहना है कि इसी पंचायत की प्रधान सुधा देवी को पूर्व में स्वच्छता मिशन के तहत प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा सम्मानित किया जा चुका है। ग्रामीणों ने कहा कि जिस पंचायत की प्रधान को स्वच्छता के लिए सम्मान मिला हो, वहां मुख्य सड़क की ऐसी बदहाली गंभीर विषय है। उनका कहना है कि सड़क पर जलभराव और कीचड़ की समस्या से गांव के लोगों को लगातार परेशानी उठानी पड़ रही है। DM से स्थलीय निरीक्षण और जल्द निर्माण की मांग ग्रामीणों ने जिलाधिकारी से मांग की है कि गांव की मुख्य सड़क का स्थलीय निरीक्षण कराया जाए और निर्माण कार्य जल्द शुरू कराया जाए। ग्रामीणों का कहना है कि सड़क बनने से स्कूली बच्चों, बुजुर्गों और मरीजों को सबसे बड़ी राहत मिलेगी। उन्होंने प्रशासन से बारिश के दौरान तत्काल आवागमन योग्य व्यवस्था कराने और स्थायी समाधान के लिए सड़क निर्माण कराने की मांग की है।
पलवल जिले के हथीन उपमंडल में एंटी व्हीकल थेफ्ट (एवीटी) टीम ने अंधरौला गांव के पास एक कब्रिस्तान में चल रहे गोकशी के मामले का भंडाफोड़ किया है। पुलिस की छापेमारी के दौरान 4-5 आरोपी रात के अंधेरे का फायदा उठाकर कब्रिस्तान की दीवार फांदकर खेतों की ओर फरार हो गए। एवीटी स्टाफ हथीन के प्रभारी तेजपाल ने बताया कि उन्हें गुप्त सूचना मिली थी। सूचना के अनुसार, अंधरौला गांव निवासी बरकत और आमिर, और गुराक्सर गांव निवासी रिफी और वसीम एक गाय को कब्रिस्तान में वध के लिए ले जा रहे थे। इस सूचना को पुख्ता मानते हुए पुलिस टीम ने कब्रिस्तान में दबिश दी। कब्रिस्तान की दीवार कूदकर फरार हुए आरोपी पुलिस को अचानक सामने देख मौके पर मौजूद सभी आरोपी कब्रिस्तान की दीवार कूदकर फरार हो गए। घटनास्थल का निरीक्षण करने पर पुलिस को मृत अवस्था में एक गोवंश, उसे बांधने में इस्तेमाल की गई 2 रस्सियां, एक बिना नंबर प्लेट की बाइक और एक चाकू बरामद हुआ। इस मामले में हथीन थाना पुलिस ने बरकत, आमिर, रिफी और वसीम के खिलाफ विभिन्न धाराओं में केस दर्ज कर कार्रवाई शुरू कर दी है। एवीटी स्टाफ की टीम आरोपियों की तलाश में उनके संभावित ठिकानों पर लगातार दबिश दे रही है। फिलहाल सभी आरोपी अपने घरों से फरार हैं, लेकिन पुलिस का कहना है कि उन्हें जल्द ही गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
शाजापुर में एक बांस व्यापारी से साइबर ठगी का मामला सामने आया है। अज्ञात आरोपियों ने असम से बांस भेजने का झांसा देकर व्यापारी से 1 लाख 6 हजार रुपए ऑनलाइन ठग लिए। कई दिनों तक माल न पहुंचने पर व्यापारी को ठगी का अहसास हुआ, जिसके बाद उसने सोमवार को पुलिस में शिकायत दर्ज कराई। वजीरपुरा निवासी अनुपम गुप्ता (31) ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि उनकी हाट मैदान गली का पीठा, महुपुरा में गिरिराज टिम्बर मर्चेन्ट नाम से बांस-बल्ली की दुकान है। 30 जुलाई को उनके पिता महेश गुप्ता के मोबाइल पर एक व्हाट्सऐप कॉल आया। कॉल करने वाले ने खुद को दीमापुर, असम का थोक बांस व्यापारी गुड्डू माहेश्वरी बताया। व्हाट्सऐप कॉल से शुरू हुई बातचीत आरोपी ने व्हाट्सऐप पर बांस के फोटो और दरें भेजीं। सौदा तय होने के बाद उसने विजय ट्रेडर्स, कृष्णाई, जिला गोलपारा, असम के नाम से जीएसटी बिल भेजा। आरोपी ने माल के लिए 49,612 रुपए और परिवहन के लिए 65,000 रुपए बताए। उसने पहले भाड़े के नाम पर 8 हजार रुपए ट्रांसफर करवाए। 31 जुलाई को आरोपी ने माल लोड होने और ट्रक के शाजापुर के लिए रवाना होने की जानकारी दी। इसके बाद ट्रांसपोर्टर के खाते में भुगतान के नाम पर व्यापारी से 35 हजार रुपए और वसूले गए। इसमें से 25 हजार रुपए व्यापारी के मित्र मुकुंद भावसार और 10 हजार रुपए अनुपम ने ट्रांसफर किए। पहले भाड़े के नाम पर लिए 8 हजार इसके बाद, ट्रांसपोर्टर मनीष शर्मा और ड्राइवर श्रीकांत के नाम से अलग-अलग व्यक्तियों ने फोन कर रकम मांगना जारी रखा। उन्होंने ट्रक का टायर फटने, डीजल खत्म होने, ड्राइवर के खाने के पैसे न होने और आरटीओ द्वारा फिटनेस के लिए वाहन पकड़े जाने जैसे बहाने बनाए। व्यापारी ने 12,000, 23,000, 15,000, 5,000 और 8,000 रुपए सहित कई बार पैसे ट्रांसफर किए। साइबर पोर्टल पर शिकायत 7 अगस्त तक जब ट्रक शाजापुर नहीं पहुंचा और हर बार अगले दिन आने की बात कही जाती रही, तब व्यापारी को ठगी का संदेह हुआ। इसके बाद उन्होंने 1930 साइबर क्राइम पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराई और स्थानीय थाने में रिपोर्ट लिखवाई। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है।
शिवपुरी रेलवे स्टेशन के पास 5 अगस्त को इंटरसिटी ट्रेन की चपेट में आने से जान गंवाने वाले युवक की पहचान हो गई है। मृतक अशोकनगर जिले के कदवाया थाना क्षेत्र के छपरा गांव निवासी 25 वर्षीय भुजवल जाटव पुत्र चंदन जाटव था। पहचान के बाद पुलिस अब दफनाए गए शव को बाहर निकालकर परिजनों को सौंपने की प्रक्रिया शुरू करेगी। ट्रेन की चपेट में आने से हुई थी मौत 5 अगस्त की रात गाड़ी संख्या 12197 इंटरसिटी के चालक ने शिवपुरी रेलवे स्टेशन प्रबंधन को सूचना दी थी। चालक के अनुसार, SVPI-PARM के बीच किलोमीटर नंबर 1196/13-15 पर एक व्यक्ति रेलवे ट्रैक पर लेटा था। चालक ने आपातकालीन ब्रेक लगाकर उसे बचाने की कोशिश की, लेकिन युवक ट्रेन की चपेट में आ गया। उसकी मौके पर ही मौत हो गई। घटना के समय युवक की पहचान नहीं हो सकी थी। इसके चलते कोतवाली पुलिस ने करीब दो दिन पहले शव का पोस्टमार्टम कराया और उसे दफना दिया था। परिजन ने पहुंचकर की शव की पहचान सोमवार को सूचना मिलने पर भुजवल के परिजन कोतवाली पहुंचे। यहां उन्होंने शव की पहचान की। इसके बाद पुलिस ने शव को कब्र से बाहर निकालने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। शव परिजनों को सौंपा जाएगा। एक साल पहले मजदूरी के लिए ग्वालियर गया था भुजवल की मां देवकी जाटव ने बताया कि करीब एक साल पहले एक ठेकेदार उनके बेटे को मजदूरी दिलाने के बहाने ग्वालियर ले गया था। वहां भुजवल एक होटल में काम करने लगा। करीब तीन महीने पहले वह घर आया था और इसके बाद फिर ग्वालियर चला गया। पिछले कुछ दिनों से भुजवल से फोन पर संपर्क नहीं हो पा रहा था। परिवार ने लगातार उससे बात करने की कोशिश की, लेकिन संपर्क नहीं हो सका। इसके बाद उन्हें उसकी मौत की सूचना मिली। ग्वालियर से शिवपुरी कैसे पहुंचा अभी नहीं हुआ स्पष्ट भुजवल ग्वालियर से शिवपुरी कैसे पहुंचा या वह इंटरसिटी ट्रेन में सवार होकर आया था, यह अभी स्पष्ट नहीं है। चालक के बयान के अनुसार, रेलवे स्टेशन से कुछ दूरी पर युवक ट्रेन को देखकर पटरी पर लेट गया था। चालक ने ब्रेक लगाने की कोशिश की, लेकिन उसे बचाया नहीं जा सका। भुजवल ने आत्महत्या क्यों की, इसका कारण भी अभी स्पष्ट नहीं है। उसकी मां ने होटल संचालक या ठेकेदार द्वारा बेटे को परेशान किए जाने की आशंका जताई है। पहचान होने के बाद पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है।
न्यू नोएडा शहर बसाने की तैयारी अब तेज हो गई है। नोएडा प्राधिकरण ने इसके लिए अपने दोनों ओएसडी को जिम्मेदारी सौंप दी है। पहले फेज में 40 गांवों की जमीन का रिकॉर्ड जुटाया जा रहा है। दोनों ओएसडी को 20-20 गांवों की जिम्मेदारी दी गई है। करीब 209 वर्ग किमी क्षेत्र में न्यू नोएडा विकसित किया जाना है। प्राधिकरण के मुताबिक, पहले फेज में बुलंदशहर, गौतमबुद्ध नगर और सिकंदराबाद क्षेत्र के गांव शामिल हैं। इन गांवों से जुड़ा जमीन का रिकॉर्ड जुटाया जा रहा है। रिकॉर्ड ऑनलाइन उपलब्ध होने के बावजूद प्राधिकरण इसे कागजी तौर पर भी तैयार कर रहा है। इसके बाद किसानों से बातचीत की जाएगी। यह प्रक्रिया अगस्त के अंत तक शुरू होने की उम्मीद है किसानों की सहमति से ली जाएगी जमीन न्यू नोएडा के लिए किसानों की जमीन आपसी सहमति के आधार पर लेने की तैयारी है। इसके लिए पहले जमीन और उसके मालिकाना हक से जुड़ा पूरा रिकॉर्ड तैयार किया जा रहा है। गांवों में किसानों और जमीन का डेटा जुटाने के लिए पांच लेखपालों की टीम लगाई गई है। इन लेखपालों की नियुक्ति हाल ही में न्यू नोएडा के काम के लिए की गई थी। टीम गांवों में जाकर राजस्व रिकॉर्ड का मिलान कर रही है। जमीन की मौजूदा स्थिति, मालिकाना हक, खसरा-खतौनी और आबादी क्षेत्र से जुड़ी जानकारी भी जुटाई जा रही है। पहले फेज में इन गांवों का डेटा जुटाया जा रहा पहले फेज में 40 गांवों को शामिल किया गया है। इनमें 24 गांव बुलंदशहर और 13 गांव गौतमबुद्ध नगर के हैं। इसके अलावा सिकंदराबाद क्षेत्र के कुछ गांव भी शामिल हैं। बुलंदशहर क्षेत्र के गांव: बिरोंडी फौलादपुर, बिरोंडी तेजपुर, चोला, डिमरी आदिलपुर, गोपालपुर, हृदयपुर, जोखाबाद, कैथरा, कनवरा, काड़ू, किशनपुर, लुहाकर, मुरादाबाद, नगला बरोधा, नवादा, राजारामपुर, राजपुर खुर्द, सबदलपुर सलेमपुर कायस्थ, सनवाली, शाहपुर कालान, सेरपुर और सिकरा। गौतमबुद्ध नगर के गांव: आनंदपुर, बैरंगपुर उर्फ नई बस्ती, बील अकबरपुर, छायसा, दया नगर, गिरिराजपुर, कोट, मिलक खंडेरा, नगला कामरू, नगला न्यानसुख, नेकरामपुर उर्फ विष्णुपुर, फूलपुर और सैंथली। न्यू नोएडा के लिए जमीन अधिग्रहण से पहले रिकॉर्ड की जांच और किसानों से बातचीत की प्रक्रिया पूरी की जाएगी। प्राधिकरण का फोकस फिलहाल जमीन से जुड़े रिकॉर्ड को व्यवस्थित करने पर है। 4 चरणों में विकसित होगा न्यू नोएडा
लखनऊ के इंदिरा नगर सेक्टर-8 स्थित वी-2 रेस्तरां एंड बैंक्वेट में सोमवार दोपहर करीब 4 बजे भीषण आग लग गई। धुआं उठता देख मौके पर अफरा-तफरी का माहौल हो गया। देखते ही देखते आग ने विकराल रूप ले लिया। इसके बाद वहां मौजूद लोगों ने फायर ब्रिगेड को सूचना दी। आग की सूचना मिलते ही दमकल विभाग की चार गाड़ियां मौके पर पहुंचीं और आग बुझाई। अवैध बताते हुए आवास विकास परिषद ने सील किया था बताया जा रहा है कि मानकों की अनदेखी के चलते आवास विकास विभाग ने रेस्तरां को दो महीने पहले ही सील कर दिया था। सील होने के बाद भी रेस्तरां में गतिविधियां संचालित किए जाने की बात सामने आई है। आग लगने के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई। दमकलकर्मियों ने काफी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाने का प्रयास शुरू किया। धुआं अधिक गूंजने की वजह से समस्या हुई। फिलहाल आग लगने के कारणों का पता लगाया जा रहा है। साथ ही आग से हुए नुकसान का भी आकलन किया जा रहा है। प्राथमिक जांच में यह भी देखा जा रहा है कि सील किए जाने के बावजूद रेस्तरां का संचालन किस तरह किया जा रहा था?
छत्तीसगढ़ के धमतरी जिले में स्थित नरहरा वाटरफॉल में रविवार को एक बड़ा हादसा टल गया। झरने में नहाते समय दो युवक पानी के तेज बहाव में बह गए, जिन्हें करीब आधे घंटे की मशक्कत के बाद सुरक्षित बाहर निकाला गया। जानकारी के अनुसार, दोनों युवक पानी के तेज बहाव में लगभग 50 फीट तक बहते चले गए। गनीमत रही कि वाटरफॉल में रेलिंग लगी हुई थी, जिसकी मदद से वे खुद को संभाले रख पाए और एक बड़े हादसे से बच गए। लोगों ने रेलिंग के सहारे दोनों युवकों को बाहर निकाला आसपास मौजूद लोगों ने तुरंत सक्रियता दिखाते हुए रेलिंग के सहारे चढ़कर दोनों युवकों को बाहर निकालने में मदद की। इस घटना के दौरान वाटरफॉल परिसर में कुछ देर के लिए अफरा-तफरी का माहौल बन गया था। धमतरी का नरहरा वाटरफॉल इन दिनों तेजी से लोकप्रिय हो रहा है, जहां धमतरी सहित प्रदेश के अन्य जिलों से भी बड़ी संख्या में सैलानी घूमने आते हैं। अक्सर देखा जाता है कि यहां आने वाले पर्यटक पानी के तेज बहाव में नहाने उतरकर लापरवाही बरतते हैं, जिससे ऐसी दुर्घटनाओं का खतरा बढ़ जाता है। बारिश के मौसम में यहां सैलानियों की भीड़ काफी बढ़ जाती है, इसके बावजूद सुरक्षा के व्यापक इंतजाम नहीं किए गए हैं। जिला और पुलिस प्रशासन को यहां सुरक्षा व्यवस्था चाक-चौबंद करने के लिए तत्काल कदम उठाने होंगे, ताकि भविष्य में किसी बड़े हादसे को टाला जा सके।
लुधियाना के थाना सदर के अंतर्गत आते गांव बरीके के पास सूआ रोड पर एक सड़क हादसा सामने आया है। यहां एक 15 साल के किशोर की ट्रक के नीचे आने से मौके पर ही मौत हो गई। किशोर अपनी मां से पानी की बोतल लेकर टीवीएस स्कूटी (एक्टिवा) पर अपने एक साथी के साथ घर लौट रहा था, तभी एक तेज रफ्तार ट्रक ने उनकी जिंदगी छीन ली। ढाबे से सड़क पर चढ़ते ही हुआ हादसा मृतक के पिता मुंशी ने पुलिस को दिए बयान में बताया कि 9 अगस्त 2026 को उनका बेटा साबर अली 'वाई किचन ढाबा' (Y Kitchen Dhaba) पर काम करने वाले लड़के अर्जुन के साथ टीवीएस स्कूटी पर सवार था। जैसे ही वे ढाबे से सूआ रोड पर चढ़ने लगे, तभी पीछे से आ रहे एक तेज रफ्तार और लापरवाही से चलाए जा रहे मैक्स ट्रक (नंबर: PB10GX-6724) ने उन्हें जोरदार टक्कर मार दी। ट्रक के नीचे आने से मौके पर तोड़ा दम पिता के बयान के मुताबिक टक्कर इतनी भयानक थी कि उनका बेटा साबर अली ट्रक के पहियों के नीचे आ गया और उसकी मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई। इस हादसे के बाद मौके पर चीख-पुकार मच गई और लोगों की भीड़ जमा हो गई। तरनतारन के रहने वाले ड्राइवर पर एफआईआर दर्ज इस मामले में थाना सदर की पुलिस ने आरोपी ट्रक ड्राइवर हरमनप्रीत सिंह (निवासी गांव माड़ी कंबोके, जिला तरनतारन) के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर ली है। पुलिस ने नए आपराधिक कानून (BNS) की धारा 281 और 106 के तहत केस दर्ज किया है। मामले की आगे की जांच एएसआई (ASI) जतिंदर सिंह द्वारा की जा रही है। पुलिस आरोपी की तलाश और आगामी कानूनी कार्रवाई में जुट गई है।
श्रावण मास के दूसरे सोमवार को मां नर्मदा की उद्गम स्थली अमरकंटक में मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ से 30 हजार से अधिक शिवभक्त पहुंचे। श्रद्धालुओं ने पवित्र स्नान कर मां नर्मदा के दर्शन किए और कांवड़ में जल भरकर भगवान ज्वालेश्वर महादेव का जलाभिषेक किया। ब्रह्ममुहूर्त से ही अमरकंटक के कोटि तीर्थ घाट, कुंड और रामघाट में स्नान और पूजन का सिलसिला शुरू हो गया। पूरा अमरकंटक क्षेत्र हर-हर महादेव, बोल बम और ॐ नमः शिवाय के जयकारों से गूंज उठा। मध्य प्रदेश के शहडोल, अनूपपुर, डिंडौरी और छत्तीसगढ़ के विभिन्न जिलों से बड़ी संख्या में कांवड़ यात्री यहां पहुंचे। ज्वालेश्वर धाम के लिए पैदल रवाना हुए कांवड़िया मां नर्मदा उद्गम मंदिर में पूजा-अर्चना के बाद श्रद्धालुओं ने पवित्र जल कांवड़ में भरा और भजन-कीर्तन करते हुए पैदल ज्वालेश्वर महादेव के जलाभिषेक के लिए प्रस्थान किया। छत्तीसगढ़ की पंडरिया विधायक भावना बोहरा और बेलतरा विधायक के नेतृत्व में भी हजारों शिवभक्तों ने जल उठाया। सुरक्षा के कड़े इंतजाम ज्वालेश्वर धाम और अमरकंटक के प्रमुख मंदिर परिसरों में भीड़ को नियंत्रित करने और शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए भारी पुलिस बल तैनात रहा।
भिवानी में निर्माणाधीन लघु सचिवालय भवन की चौथी मंजिल से गिरने पर करीब 30 वर्षीय महिला गंभीर रूप से घायल हो गई। उसे उपचार के लिए नागरिक अस्पताल लाया गया, जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। मृतका के परिजनों ने आरोप लगाया कि अस्पताल में महिला का समय पर और उचित उपचार नहीं किया गया, जिसके चलते उसकी मौत हुई। मामले में परिजनों ने जांच की मांग की है। मृतका की पहचान उत्तर प्रदेश के ललितपुर निवासी हल्ली के रूप में हुई है। वह तीन बच्चों की मां थी, जिनमें एक बेटा और 2 बेटियां हैं। बताया जा रहा है कि काम के सिलसिले में परिवार के साथ भिवानी के सिटी स्टेशन के पास रह रही थी। डॉक्टरों ने नहीं किया ईलाजमृतक महिला की बहन सपना ने कहा कि मेरी दीदी बोली सपना बचा-बचा। इन डॉक्टरों ने दवाई नहीं की। डॉक्टरों ने मार दी। उनको छोटे-छोटे तीन बच्चे हैं। उसकी पहन काम पर गई थी, इस दौरान वह चार मंजिल से गिर गई थी। इसके बाद अस्पताल में ले आए। जब तक वह ठीक थी। दो घंटे तक यहां रहे और फिर डॉक्टरों ने भगा दिया। उसका ठीक से उपचार नहीं किया। अगर दो घंटे तक ठीक से उपचार करते तो उसकी बहन जीवित होती। मैंने डॉक्टर के सामने रोते हुए हाथ जोड़ा कि मेरी दीदी की दवाई करो और मेरी दीदी को बचा लो। लेकिन उन्हें नहीं बचाया। डॉक्टरों ने लापरवाही बरतीउत्तर प्रदेश के जिला ललितपुर के गांव गौरी सागर निवासी उत्तम ने कहा कि वह अपने परिवार के साथ मजदूरी करने के लिए भिवानी आया हुआ था। उसकी पत्नी हल्ली सोमवार को चिड़ियाघर के सामने लघु सचिवालय की निर्माणाधीन भवन में मजदूरी कर रहा था। इसी दौरान वह चौथी मंजिल से गिर गई। जिसके कारण उसे चोटें आई और उपचार के लिए भिवानी के नागरिक अस्पताल में ले आए। यहां पर 2 घंटे अस्पताल में उसकी पत्नी तड़पती रही, लेकिन उपचार नहीं किया गया। डॉक्टरों ने लापरवाही बरती है, जिसके कारण उसकी पत्नी की मौत हुई है। डॉक्टर की लापरवाही नहीं मिलीसिविल अस्पताल के पीएमओ डॉ. बलवान सिंह ने बताया कि काम करते हुए गिरने से घायल महिला आपातकालीन विभाग में उपचार के लिए पहुंची थी। परिजनों ने बताया छत से गिर गई। पहली बार आए तो वह ठीक थी। डॉक्टरों ने सीटी स्कैन व एक्स-रे के लिए सलाह दी थी, लेकिन परिवार ने एक्स-रे व सीटी स्कैन नहीं करवाया। उसके बाद परिवार वाले महिला को घर ले गए। हालत खराब होने के कारण मृत अवस्था में उपचार के लिए वापस लेकर आए। अगर किसी डॉक्टर की लापरवाही रही है तो उसकी जांच करवा देंगे। महिला का कार्ड देखा है, उसको इंजेक्शन लगाया गया था। वे मौके पर गए थे, परिवार को आश्वासन दिया है कि अगर डॉक्टर की लापरवाही है तो उसकी जांच करवा लेंगे। लेकिन ऐसा लगा नहीं। शिकायत के आधार पर कार्रवाई होगीसिविल लाइन थाना के एसएचओ सुमित कुमार ने बताया कि हमें सूचना मिली थी कि चिड़ियाघर के सामने लघु सचिवालय की नई बिल्डिंग का निर्माण कार्य चल रहा है। वहां पर एक महिला मजदूर काम के दौरान छत से गिर गई। जिसके कारण उसकी मृत्यु हो गई। महिला के शव को जिला अस्पताल के शवगृह में रखवाया गया है। परिवार ने अभी कोई शिकायत नहीं दी है, जैसे ही शिकायत देंगे, उसके आधार पर आगामी कार्रवाई की जाएगी।
बैतूल में बेरोजगार युवाओं के लिए रोजगार पाने का बड़ा मौका है। 13 अगस्त को शासकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्था (आईटीआई) बैतूल में जिला स्तरीय रोजगार, स्वरोजगार एवं प्रधानमंत्री नेशनल अप्रेंटिसशिप रोजगार मेले का आयोजन किया जाएगा। रोजगार मेला सुबह 11 बजे से शाम 4 बजे तक चलेगा। इसमें गुजरात, महाराष्ट्र और मध्य प्रदेश की अलग-अलग कंपनियां शामिल होंगी। कंपनियों की ओर से ट्रेनी, मशीन ऑपरेटर, हेल्पर, सेल्स एग्जीक्यूटिव, फील्ड ऑफिसर, बीमाकर्ता, मैनेजर, सुपरवाइजर, इलेक्ट्रीशियन, कारपेंटर, प्लंबर, वेल्डर सहित कई पदों पर 500 से अधिक युवाओं का चयन किया जाएगा। अलग-अलग पदों के लिए शैक्षणिक योग्यता 8वीं, 10वीं, 12वीं, आईटीआई, डिप्लोमा, स्नातक और स्नातकोत्तर तक रखी गई है। 13 अगस्त को बैतूल ITI में लगेगा रोजगार मेला जिला स्तरीय रोजगार, स्वरोजगार एवं प्रधानमंत्री नेशनल अप्रेंटिसशिप रोजगार मेला 13 अगस्त को शासकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्था बैतूल में आयोजित किया जाएगा। मेले में शामिल होने के इच्छुक अभ्यर्थी सुबह 11 बजे से शाम 4 बजे के बीच पहुंच सकते हैं। इस मेले के जरिए अलग-अलग कंपनियां युवाओं का चयन करेंगी और उन्हें रोजगार के अवसर उपलब्ध कराए जाएंगे। गुजरात, महाराष्ट्र और मध्य प्रदेश की कंपनियां होंगी शामिल रोजगार मेले में गुजरात, महाराष्ट्र और मध्य प्रदेश की विभिन्न कंपनियां हिस्सा लेंगी। कंपनियों की ओर से अलग-अलग तकनीकी और गैर-तकनीकी पदों पर भर्ती की जाएगी। युवाओं को उनकी योग्यता और पद की जरूरत के अनुसार चयन प्रक्रिया में शामिल किया जाएगा। मेले में स्थानीय युवाओं के साथ दूसरे क्षेत्रों में रोजगार की तलाश कर रहे अभ्यर्थियों के लिए भी अवसर रहेगा। ट्रेनी और मशीन ऑपरेटर के 100 पद वर्धमान फैब्रिक्स प्राइवेट लिमिटेड, बुधनी की ओर से ट्रेनी और मशीन ऑपरेटर के 100 पदों पर भर्ती की जाएगी। वहीं आयसर सीआईआई स्किल डेवलपमेंट, पीथमपुर में ट्रेनी वर्कर के 50 पद उपलब्ध हैं। गुजरात की कुलोदय टेक्नो पार्क प्राइवेट लिमिटेड में मशीन ऑपरेटर और हेल्पर के 50 पदों पर युवाओं का चयन किया जाएगा। भोपाल और मंडीदीप की कंपनियों में भी मौके यशस्वी ग्रुप, भोपाल की ओर से आयशर ट्रैक्टर, मंडीदीप के लिए ऑपरेटर के 50 पदों पर भर्ती की जाएगी। प्रथम एजुकेशन फाउंडेशन, भोपाल में ट्रेनी और मशीन ऑपरेटर के 25 पद उपलब्ध हैं। टैलेंटकॉर्प सॉल्यूशन प्राइवेट लिमिटेड, नागपुर की ओर से उत्पादन, इंजेक्शन और सेल्स से जुड़े 50 पदों पर युवाओं का चयन किया जाएगा। बैतूल में सेल्स और फील्ड ऑफिसर के पद कृषि जगत उपकरण प्राइवेट लिमिटेड, बैतूल में सेल्स एग्जीक्यूटिव और फील्ड ऑफिसर के 4 पदों पर भर्ती होगी। वहीं मुथूट फाइनेंस लिमिटेड, बैतूल में बीमाकर्ता और मैनेजर के 20 पद उपलब्ध हैं। जेके बायोप्लास्टिक प्राइवेट लिमिटेड, भोपाल में सेल्स एग्जीक्यूटिव और फील्ड ऑफिसर के 20 पदों पर चयन किया जाएगा। टाटा मोटर्स और फॉक्सकॉन जैसी कंपनियों के लिए भर्ती क्वैस प्राइवेट लिमिटेड की ओर से टाटा मोटर्स, एमआरएफ और फॉक्सकॉन जैसी कंपनियों के लिए भर्ती की जाएगी। अहमदाबाद, पुणे और बेंगलुरु में ऑपरेटर के करीब 100 पदों पर युवाओं का चयन किया जाएगा। इससे अभ्यर्थियों को मध्य प्रदेश से बाहर बड़े औद्योगिक शहरों में काम करने का अवसर भी मिल सकता है। सुपरवाइजर से वेल्डर तक 50 पद यूनिक सोल्यूशंस प्राइवेट लिमिटेड, जबलपुर की ओर से 50 पदों पर भर्ती की जाएगी। इनमें सुपरवाइजर, इलेक्ट्रीशियन, कारपेंटर, प्लंबर, वेल्डर और हेल्पर के पद शामिल हैं। तकनीकी काम में रुचि रखने वाले और संबंधित योग्यता रखने वाले अभ्यर्थी इन पदों के लिए रोजगार मेले में शामिल हो सकते हैं। 8वीं से स्नातकोत्तर तक युवाओं को मौका रोजगार मेले में अलग-अलग पदों के लिए शैक्षणिक योग्यता भी अलग-अलग रखी गई है। कुछ पदों के लिए 8वीं पास अभ्यर्थी पात्र होंगे, जबकि कुछ पदों के लिए 10वीं, 12वीं, आईटीआई, डिप्लोमा, स्नातक और स्नातकोत्तर की योग्यता मांगी गई है। इससे अलग-अलग शैक्षणिक योग्यता रखने वाले युवाओं को अपनी योग्यता के अनुसार रोजगार का अवसर मिल सकेगा। मेले में ये दस्तावेज लेकर पहुंचना होगा रोजगार मेले में शामिल होने वाले अभ्यर्थियों को अपने जरूरी दस्तावेज साथ लेकर पहुंचना होगा। उन्हें शैक्षणिक प्रमाण-पत्र, आधार कार्ड, बायोडाटा और दो पासपोर्ट साइज फोटो साथ लाने होंगे। इसके अलावा पद और चयन प्रक्रिया के अनुसार जरूरी अन्य दस्तावेज भी साथ रखना होगा, ताकि कंपनी की ओर से मांगे जाने पर उन्हें उपलब्ध कराया जा सके। अधिक जानकारी के लिए यहां करें संपर्क रोजगार मेले से जुड़ी अधिक जानकारी के लिए अभ्यर्थी जिला रोजगार कार्यालय बैतूल से संपर्क कर सकते हैं। इसके लिए मोबाइल नंबर 9575320499 जारी किया गया है। इच्छुक युवाओं से कहा गया है कि वे अपनी शैक्षणिक योग्यता और दस्तावेजों के साथ 13 अगस्त को निर्धारित समय पर शासकीय ITI बैतूल पहुंचें और उपलब्ध रोजगार अवसरों का लाभ लें।
हरियाणा कांग्रेस में ब्लॉक अध्यक्षों की नियुक्तियों को लेकर जिलाध्यक्षों में नाराजगी है, जिन्होंने प्रदेश अध्यक्ष राव नरेंद्र सिंह पर उनकी सलाह की अनदेखी का आरोप लगाया।
पंजाब सरकार ने 'पंजाब स्टेट आउटसोर्स्ड पर्सनेल बिल, 2026' पारित किया है, जिससे पात्र आउटसोर्स कर्मचारियों को सीधे विभागों के साथ वार्षिक अनुबंध पर रखा जाएगा।
जींद जिले के जुलाना में पुलिस ने चोरी के 2 मामलों में एक दंपती सहित 3 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों के कब्जे से 2 लाख 13 हजार रुपए नकद और चोरी किए गए गहने बरामद किए गए हैं। यह दंपती काम के बहाने घरों को निशाना बनाते थे। पहला मामला 4 जुलाई का है, जब जुलाना के वार्ड 7 निवासी कृष्ण ने पुलिस को शिकायत दी थी। कृष्ण ने बताया कि उसके घर से सभी सदस्यों के काम पर जाने के बाद 25 हजार रुपए नकद और लगभग साढ़े 3 लाख रुपए के गहने चोरी हो गए थे। पुलिस ने शिकायत के आधार पर मामला दर्ज कर जांच शुरू की थी। काम के लिए महिला को रखा था दूसरा मामला भी जुलाना के वार्ड नंबर 7 से सामने आया। राजेन्द्र सिंह, जो पुरानी अनाज मंडी में किराना स्टोर चलाते हैं, ने बताया कि उनकी पत्नी कमलेश की तबीयत खराब होने के कारण लगभग एक सप्ताह पहले उन्होंने वार्ड नंबर 7 निवासी निधि (हिमांशु की पत्नी) को घरेलू काम के लिए रखा था। 2 अगस्त को सुबह करीब 11 बजे उनकी पत्नी घर पर अकेली थीं। उसी दौरान निधि घर का काम करने आई और उसके साथ उसका पति हिमांशु भी था। पत्नी की तबीयत खराब होने के कारण वह अपने कमरे में आराम कर रही थीं, जबकि हिमांशु उनसे बातचीत करता रहा। कुछ देर बाद पत्नी की आंख लग गई। जब वह उठीं, तो निधि और उसका पति घर से जा चुके थे। अलमारी से गायब मिले जेवर और कैश राजेन्द्र सिंह ने बताया कि निधि की गतिविधियां संदिग्ध लगने पर उनकी पत्नी ने अगले दिन दूसरे कमरे में रखी अलमारी की जांच की। जांच करने पर अलमारी से करीब ढाई लाख रुपए की नकदी, चांदी के 4 सिक्के, एक आर्टिफिशियल गले का हार, दो आर्टिफिशियल कड़े और एक जोड़ी आर्टिफिशियल कानों के झुमके गायब मिले। इस शिकायत पर भी पुलिस ने मामला दर्ज किया था। पुलिस ने इन मामलों की जांच करते हुए जुलाना के वार्ड 7 निवासी कर्ण, हिमांशु और उसकी पत्नी निधि को गिरफ्तार किया। मंडी चौकी इंचार्ज अजय कुमार ने बताया कि आरोपियों के कब्जे से कुल 2 लाख 13 हजार रुपए की नगदी और चोरी किए गए गहने बरामद किए गए हैं। पुलिस आगे की जांच कर रही है।
नशे में वीडियो बनाया अब माफी मांग रहा:पुलिस-प्रशासन पर लगाए थे आरोप, साइबर सेल ने पकड़ा
जिले के सज्जनगढ़ थाना पुलिस ने शराब के नशे में चूर होकर सोशल मीडिया पर सरकार, प्रशासन और पुलिस के खिलाफ अभद्र भाषा का इस्तेमाल करने वाले एक युवक को गिरफ्तार किया है। पुलिस एक वायरल वीडियो मिला था, इस वीडियो में सज्जनगढ़ निवासी दिपेश पटेल अपनी कार के अंदर शराब के नशे में बैठा हुआ दिखाई दे रहा था। वह वीडियो में सरकार, प्रशासन और पुलिस के खिलाफ बातें कह रहा था, शराब तस्करी को लेकर पुलिस और प्रशासन के खिलाफ आरोप लगा रहा था। साइबर सेल और सज्जनगढ़ थाना पुलिस की टीम ने वायरल वीडियो का संज्ञान लेते हुए आरोपी दिपेश पटेल पुत्र ईश्वरलाल पटेल, उम्र 25 साल निवासी सज्जनगढ़ से पूछताछ के बाद पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। गलती के लिए मांगी माफी गिरफ्तारी के बाद आरोपी दिपेश पटेल ने अपने सोशल मीडिया हैंडल पर एक नया वीडियो अपलोड कर अपनी गलती के लिए माफी मांगी। उसने अन्य युवा साथियों से भी अपील की कि शराब के नशे में कोई भी व्यक्ति इस तरह के अनर्गल वीडियो अपलोड न करेम सज्जनगढ़ थानाधिकारी धनपत सिंह ने क्षेत्र के सभी नागरिकों और युवाओं से अपील की है कि किसी के बहकावे में आकर या शराब के नशे में बिना प्रमाणिकता के बेबुनियाद तथ्यों पर आधारित कोई भी वीडियो या पोस्ट सोशल मीडिया पर अपलोड कर वायरल न करें। ऐसा करने वालों के खिलाफ पुलिस द्वारा सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
हिमाचल हाई कोर्ट ने स्पष्ट किया है कि तलाक के बाद भी जब तक महिला दूसरी शादी नहीं करती, पति को उसे भरण-पोषण देना होगा। अदालत ने पति की याचिका खारिज कर दी।
राजस्थान गुर्जर महासभा, जयपुर जिला इकाई की मौजमाबाद तहसील का अध्यक्ष देवकरण डोई को मनोनीत किया गया है। यह नियुक्ति राजस्थान गुर्जर महासभा के प्रदेश संगठन द्वारा तहसील गठन को लेकर किए गए विभिन्न प्रयासों के बाद हुई है। जिला अध्यक्ष रामकरण कसाना ने देवकरण डोई को तहसील अध्यक्ष की जिम्मेदारी सौंपी। इस दौरान प्रदेश कार्यकारी अध्यक्ष मोहनलाल वर्मा भी मौजूद थे। मोहनलाल वर्मा ने नवनियुक्त अध्यक्ष को संगठन को मजबूत करने और तहसील स्तर पर कार्यकारिणी के गठन के निर्देश दिए। देवकरण डोई को 15 दिनों के भीतर तहसील कार्यकारिणी का गठन कर जिला मुख्यालय पर पेश करने को कहा गया है। महासभा पदाधिकारियों ने उम्मीद जताई है कि देवकरण डोई इस नई जिम्मेदारी के साथ संगठन को तहसील स्तर पर मजबूत करेंगे और समाज के लोगों को इससे जोड़ने का कार्य करेंगे।
राजस्थान में निकाय चुनाव इसी माह से शुरू हो जाएंगे। दो चरणों में होने वाले ये चुनाव 41 जिले की 309 नगरीय निकायों (नगर निगम, नगर परिषद और नगर पालिका) में करवाए जाएंगे। ये चुनाव दो चरणों में होंगे। जिलेवार बात करें तो फलोदी, सलूंबर ऐसे जिले रहेंगे, जहां सभी नगरीय निकायों के चुनाव एक ही चरण में पूरे करवाए जाएंगे, जबकि शेष 39 जिलों में निकायों के चुनाव दो चरण में करवाए जाएंगे। राज्य निर्वाचन आयुक्त राजेश्वर सिंह ने आज(सोमवार) सचिवालय में निकाय और पंचायती चुनाव की तैयारियों को लेकर संबंधित विभागों के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ समीक्षा की। बैठक में चुनाव प्रक्रिया के निष्पक्ष संचालन के लिए अलग-अलग विभागों की तैयारियों पर चर्चा की गई। निकाय चुनाव के लिए बनेंगे 18 हजार पोलिंग बूथ प्रदेश में निकाय चुनाव के लिए आयोग इस बार 18 हजार पोलिंग बूथ बनाएगा। जबकि पंचायत चुनाव के लिए करीब 48 हजार पोलिंग बूथ बनाए जाने प्रस्तावित किए है। पंचायत समिति सदस्य, जिला परिषद सदस्य और नगर निकाय सदस्यों के लिए ईवीएम से वोटिंग करवाई जाएगी। जबकि ग्राम पंचातयों में वार्ड पंच और सरपंच के लिए वोटिंग बैलेट पेपर से करवाई जाएगी। 140 निकायों में होगी पहले चरण की वोटिंग सचिव राज्य निर्वाचन आयोग राजेश वर्मा ने बताया- निकाय चुनाव में पहले चरण की वोटिंग में 140 नगर निकायों को शामिल किया जाएगा। इसमें 5,050 वार्डों में 10,185 मतदान केन्द्रों पर वोटिंग की जाएगी। जबकि दूसरे चरण में 169 नगर निकाय में वोटिंग करवाई जाएगी, जिनके 5,195 वार्ड के लिए 6,280 पोलिंग बूथ पर वोटिंग करवाई जाएगी। 4 चरण में होंगे पंचायत चुनाव पंचायती राज संस्थाओं के चुनाव के लिए 36 जिलों में 4 चरणों में करवाए जाने प्रस्तावित किए है। जबकि 4 जिलों में दो चरणों और एक जिले में एक चरण में चुनाव कराने की व्यवस्था प्रस्तावित की है। ---------- निकाय चुनाव से संबंधित ये खबर भी पढ़ें… निकाय-चुनाव: अगले सप्ताह निकल सकती है वार्डों की आरक्षण लॉटरी:जल्द साफ होगी ओबीसी आरक्षण की स्थिति; अगले महीने चुनाव की तैयारी राजस्थान में आगामी नगरीय निकाय (नगर निगम, नगर परिषद और नगरपालिका) चुनावों के लिए वार्डों की आरक्षण लॉटरी 13 और 14 अगस्त को निकाले जाने की संभावना है। माना जा रहा है कि यह लॉटरी सभी जिलों में जिला कलेक्टर की निगरानी (मॉनिटरिंग) में निकाली जाएगी। (पूरी खबर पढ़ें…)

