बांदा में इंजीनियर आकिब की आज पेशी:यौन शोषण मामले में CBI को जल्द फैसले की उम्मीद
केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) द्वारा जांच किए जा रहे यौन शोषण के एक मामले में दिल्ली निवासी इंजीनियर मोहम्मद आकिब की आज बांदा में पेशी होनी है। सीबीआई इस जटिल मामले में जल्द ही महत्वपूर्ण फैसले की उम्मीद कर रही है। इससे पहले, आकिब 13 मार्च को पेशी पर उपस्थित नहीं हुआ था। इस मामले में दंपती रामभवन और दुर्गावती को 20 फरवरी को पहले ही फांसी की सजा सुनाई जा चुकी है। आकिब इस मामले का तीसरा आरोपी है। आकिब पर ई-मेल के माध्यम से अश्लील सामग्री प्राप्त करने और उसे विभिन्न देशों व शहरों में ग्राहकों को बेचकर लाखों रुपये कमाने का आरोप है। सीबीआई के लोक अभियोजक ने बताया कि जांच एजेंसी इस मामले में तेजी से कार्रवाई कर रही है और जल्द ही अंतिम निर्णय आने की संभावना है।
भीलवाड़ा की पुर थाना पुलिस ने नाकाबंदी के दौरान एक कार से दो पिस्टल और चार कारतूस बरामद किए हैं।पुलिस ने कार को जब्त करते हुए सवार एक व्यक्ति को भी गिरफ्तार किया है। कार की तलाशी में मिली पिस्टल ओर कारतूस पुर थाना प्रभारी कन्हैयालाल ने बताया कि डीएसटी भीलवाड़ा की सूचना पर पुर थाना क्षेत्र में नाकाबंदी के दौरान एक कार को रुकवा कर तलाशी ली तो उसके डैशबोर्ड में दो पिस्टल और चार कारतूस मिले। ड्राइवर से जब इन पिस्टल और कारतूस के बारे में पूछताछ की तो वो कोई जवाब नहीं दे सका। कार जब्त ड्राइवर गिरफ्तार उसके पास इसका लाइसेंस और परमिट भी नहीं मिलने पर पुलिस ने दो पिस्टल कारतूस और कार को जब्त कर ड्राइवर कैलाश जाट (30)पिता भेरुलाल जाट निवासी रूपाहेली को गिरफ्तार किया।फिलहाल पुलिस आरोपी युवक से पिस्टल और कारतूस की खरीद फरोख्त से संबंधित जानकारी जुटाने में लगी है। ये थे टीम में शामिल कार्रवाई करने वाली टीम में सुभाष नगर थाना प्रभारी कन्हैया लाल, एएसआई शिवराज, अशोक कड़वा, हेड कांस्टेबल कालूराम,कांस्टेबल राजवीर, विनोद, सुरक्षा,मुकेश राकेश गोपाल बनवारी असलम कन्हैया शंकर कमल और गीतू लाल शामिल है।
राजगढ़ के खिलचीपुर में पिछले कुछ दिनों से चर्चा में रहे जगन्नाथ मंदिर में सोमवार को आस्था की फिर से वापसी हो गई। भगवान जगन्नाथ, बलराम और सुभद्रा जी की प्रतिमाएं पुलिस टीम के साथ वृंदावन से वापस खिलचीपुर पहुंचीं और उन्हें पुनः मंदिर में विधि-विधान के साथ विराजमान किया गया। प्रतिमाओं के लौटते ही मंदिर परिसर में सैकड़ों श्रद्धालु पहुंच गए और पूरा वातावरण भक्तिमय हो गया। जयकारों के बीच हुआ स्वागत सोमवार देर शाम बड़ी संख्या में श्रद्धालु भगवान के दर्शन के लिए मंदिर पहुंचे। भगवान के आगमन पर “हरे रामा-हरे कृष्णा” के जयकारों के साथ सामूहिक भजन-कीर्तन शुरू हुआ। ढोल-मंजीरों और तालियों की धुन पर भक्त झूमते नजर आए। शाम करीब 7 बजे आरती का आयोजन किया गया, जिसमें महिलाएं, युवा और बुजुर्ग बड़ी संख्या में शामिल हुए। देर रात तक मंदिर परिसर पूरी तरह भक्ति और श्रद्धा के माहौल में डूबा रहा। धमकियों से परेशान होकर गए थे वृंदावन दरअसल, कुछ दिन पहले मंदिर के पुजारी विष्णु दास सका कथित रूप से कुछ असामाजिक तत्वों की धमकियों और मारपीट से परेशान हो गए थे। आरोप है कि मंदिर परिसर के आसपास कुछ लोग गांजा पीते थे और वहीं जमावड़ा लगाते थे। पुजारी द्वारा इसका विरोध करने और पुलिस तक शिकायत पहुंचाने के बाद उन्हें लगातार धमकियां मिलने लगीं। प्रतिमाएं लेकर चले गए थे पुजारी इसी से आहत होकर पुजारी गुरुवार रात भगवान जगन्नाथ, बलराम और सुभद्रा जी की प्रतिमाएं अपने साथ लेकर वृंदावन चले गए थे। शुक्रवार सुबह जब श्रद्धालु पूजा-अर्चना के लिए मंदिर पहुंचे तो गर्भगृह खाली मिला। भगवान की प्रतिमाएं नहीं होने से श्रद्धालु स्तब्ध रह गए और पूरे नगर में मायूसी छा गई थी। पुलिस और लोगों की पहल से सुलझा मामला मामले की गंभीरता को देखते हुए खिलचीपुर पुलिस और नगर के कुछ लोग वृंदावन पहुंचे। वहां पुजारी से चर्चा और समझाइश की गई और उन्हें सुरक्षा का भरोसा दिलाया गया। इसके बाद पुजारी प्रतिमाओं के साथ वापस आने के लिए तैयार हो गए। पुलिस टीम की मौजूदगी में भगवान की प्रतिमाएं सुरक्षित तरीके से खिलचीपुर वापस लाई गईं। सोमवार को उन्हें पूरे विधि-विधान के साथ मंदिर में पुनः स्थापित किया गया। फिर गूंजा भक्ति का माहौल प्रतिमाओं के लौटते ही कई दिनों से सूना पड़ा मंदिर फिर से श्रद्धा और भक्ति से भर गया। शाम को उमड़ी श्रद्धालुओं की भीड़ और गूंजते भजन इस बात का प्रमाण थे कि खिलचीपुर के लोगों के दिलों में भगवान जगन्नाथ के प्रति गहरी आस्था है।
ग्वालियर कलेक्टर ने कमर्शियल एलपीजी सिलेंडरों के वितरण के लिए नई गाइडलाइन जारी की है। सिलेंडरों का आवंटन प्राथमिकता क्रम के आधार पर किया जाएगा। सबसे पहले कुल सिलेंडरों का 30% शैक्षणिक एवं चिकित्सा संस्थानों को दिया जाएगा, जहां इनकी आवश्यकता 100% मानी गई है। इसके बाद, 35% सिलेंडर केंद्रीय सशस्त्र बल, पुलिस, जेल, सामाजिक न्याय विभाग, महिला एवं बाल विकास विभाग और अन्य सरकारी संस्थानों जैसी आवश्यक सेवाओं को आवंटित किए जाएंगे। इन संस्थानों में आमजन, महिलाओं और बच्चों के लिए भोजन व्यवस्था संचालित होती है। यह आदेश वर्तमान भू-राजनीतिक परिस्थितियों और भारत सरकार के पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्रालय के निर्देशों के पालन में लागू किया गया है। इसका मुख्य उद्देश्य आवश्यक सेवाओं में गैस आपूर्ति को प्राथमिकता देना और जमाखोरी पर अंकुश लगाना है। होटल-रेस्टोरेंट को 9% सिलेंडर देंगे तीसरी प्राथमिकता में होटल, रेस्टोरेंट और कैटरिंग व्यवसाय को शामिल किया गया है। इस श्रेणी में होटल और रेस्टोरेंट को 9-9 प्रतिशत तथा ढाबा और स्ट्रीट फूड विक्रेताओं को 7 प्रतिशत सिलेंडर आवंटित किए जाएंगे। चौथे क्रम में उद्योगों को 5 प्रतिशत आवंटन किया गया है, जिसमें फार्मास्यूटिकल, फूड प्रोसेसिंग, पोल्ट्री फीड और सीड प्रोसेसिंग जैसे क्षेत्र शामिल हैं। अन्य उद्योगों को भी 5 प्रतिशत सिलेंडर प्रकरणवार निर्णय के आधार पर दिए जाएंगे। तीन माह की औसत खपत के आधार पर होगा आवंटन आपूर्ति व्यवस्था के तहत, गैस 5 किलोग्राम, 19 किलोग्राम, 47.5 किलोग्राम और 425 किलोग्राम के पैक्ड सिलेंडरों में उपलब्ध कराई जाएगी। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि जमाखोरी रोकने और सुचारू वितरण सुनिश्चित करने के लिए प्रत्येक उपभोक्ता को पिछले तीन महीनों की औसत खपत के आधार पर सीमित आपूर्ति दी जाएगी। सभी एजेंसियों को ऑनलाइन बुकिंग प्रणाली के माध्यम से मांग दर्ज करने और दैनिक रिपोर्ट तैयार करने के निर्देश दिए गए हैं। पीएनजी गैस कनेक्शन लेने के लिए प्रोत्साहित करेंगे जिन क्षेत्रों में सिटी गैस वितरण प्रणाली उपलब्ध है, वहां उपभोक्ताओं को पीएनजी गैस कनेक्शन लेने के लिए प्रोत्साहित किया जाएगा। प्रशासन ने जमाखोरी, अवैध भंडारण और कालाबाजारी पर सख्त कार्रवाई की चेतावनी दी है। आवश्यक वस्तु अधिनियम, 1955 और अन्य संबंधित कानूनों के तहत दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
चलती ट्रेन से गिरने से बुजुर्ग की मौत:पटरी के पास पड़ा था शव;जेब में मिले आधार कार्ड से हुई पहचान
अलवर जिले के राजगढ़-बांदीकुई रेल मार्ग पर सोमवार देर शाम चलती ट्रेन से गिरने पर 55 वर्षीय बुजुर्ग की मौत हो गई।बताया जा रहा है कि हादसे के बाद शव पटरी के पास पड़ा मिला, जिसे देखकर आसपास के लोगों ने तुरंत राजगढ़ पुलिस और पालिका को सूचना दी। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर राजगढ़ अस्पताल की मोर्चरी में रखवाया। मृतक की पहचान जेब में मिले आधार कार्ड के आधार पर बांदीकुई के गढ़ दुब्बी निवासी रामस्वरूप पुत्र भोरेलाल गुर्जर के रूप में हुई है। पुलिस ने परिजनों को सूचना दे दी है। शव का पोस्टमार्टम मंगलवार सुबह कराया जा रहा है। पुलिस के अनुसार प्रथम दृष्टया मामला चलती ट्रेन से गिरने का प्रतीत हो रहा है, हालांकि मौत के सही कारणों का पता लगाने के लिए सभी पहलुओं से जांच की जा रही है। परिजनों की रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। राजगढ़ पालिका के कर्मचारी जुगनू तम्बोली ने बताया कि उन्हें पुलिस से सूचना मिली थी, जिसके बाद वे मौके पर पहुंचे और शव को उठवाकर अस्पताल की मोर्चरी में रखवाया।
आगरा कमिश्नरेट में पुलिस की मनमानी चल रही है। शांतिभंग में किसी को भी जेल भेज दिया जाता है। मुचलका दाखिल करने का अवसर तक प्रदान नहीं किया जाता है। थाना प्रभारी चालान के समय जेल भेजने की संस्तुति कर देते हैं। हाईकोर्ट के प्रशासनिक न्यायाधीश जेजे मुनीर से अधिवक्ताओं ने यह शिकायत की थी। हाईकोर्ट के निर्देश पर पूरे प्रकरण की जांच हो रही है। जांच समिति बनाई गई है। सोमवार को विशेष न्यायाधीश (ईसी ऐक्ट) ज्ञानेंद्र राव ने कमिश्नेस्ट के 14 एसीपी तलब किए। पेशी के दौरान उनसे स्पष्टीकरण मांगा। अब यह मामला तूल पकड़ सकता है। जांच रिपोर्ट हाईकोर्ट भेजी जाएगी। अधिवक्ताओं ने पिछले दिनों आगरा आए हाईकोर्ट के न्यायमूर्ति एवं आगरा परिक्षेत्र के प्रशासनिक न्यायाधीश जेजे मुनीर से पुलिस कार्यप्रणाली की शिकायत की थी। आरोप लगाया था कि एसीपी को कार्यपालक मजिस्ट्रेट शक्ति मिलने का दुरुपयोग हो रहा है। किसी को भी जेल भेज दिया जाता है। प्रशासनिक न्यायाधीश जेजे मुनीर ने शांतिभंग में जेल न भेजने के पुलिस को निर्देश दिए थे। हाईकोर्ट ने इस पूरे मामले पर संज्ञान लिया। एक जांच समिति का गठन किया गया। इसमें आगरा के विशेष न्यायाधीश ईसी ऐक्ट ज्ञानेंद्र राव को जांच अधिकारी बनाया गया। उन्होंने सोमवार को कमिश्नरेट के विभिन्न सर्किलों में तैनात 14 एसीपी को तलब किया। सभी को नोटिस भेजे गए थे। उनसे लोगों को शांतिभंग में जेल भेजने की वजह पूछी गई। लिखित स्पष्टीकरण मांगा गया। पूछा गया कि लोगों के मूल अधिकारों का उल्लंघन क्यों हुआ है। जबकि शांतिभंग आदि के आरोप में मुचलका व जमानत पर आरोपित को रिहा किया जाना चाहिए। सुप्रीम कोर्ट और हाईकोर्ट के यह आदेश हैं। पुलिस ने कितने जमानतियों का सत्यायन कराया। सत्यापन नहीं कराया तो किस आधार पर जमानत स्वीकृत की। इन सवालों ने एसीपी के पेशानी पर बल ला दिए। सूत्रों की मानें तो एसीपी को यह नसीहत भी दी गई कि वे अपने कोर्ट में पुलिस अधिकारी की तरह नहीं, बल्कि कार्यपालक मजिस्ट्रेट की तरह सोचें और फैसला लें। जिससे किसी के मूल अधिकारों का हनन नहीं हो। जेल भेजने वालों में कई बुजुर्ग भी शामिल आगरा कमिश्नरेट में एक जनवरी 2026 से 28 फरवरी 2026 के बीच 59 दिन में एसीपी कोर्ट से 493 आरोपियों को शांतिभंग में जेल भेजा गया। इनमें कई बुजुर्ग भी शामिल थे। एसीपी कोतवाली, एसीपी लोहामंडी और एसीपी अछनेरा की कोर्ट से सबसे ज्यादा लोगों को जेल भेजा गया। पूरा रिकार्ड कोर्ट में तलब किया गया है। विस्तृत जांच चल रही है। पुलिस अधिकारियों का तर्क है कि शांतिभंग में कार्रवाई से अपराध का ग्राफ कम हुआ है। बलवे, जानलेवा हमले की घटनाओं में कमी आई है। उन्हीं लोगों के खिलाफ कार्रवाई की गई है जिनके तत्काल छूटने पर माहौल बिगड़ सकता था। अधिवक्ता को कर दिया गया पाबंद कलक्ट्रेट बार के महासचिव अधिवक्त्ता लोकेंद्र शमां को जगदीशपुरा थाना पुलिस ने धारा 126/135 (पूर्व धारा 107/116) के तहत पाबंद कर दिया। 20 जनवरी 2026 को नोटिस मिलने पर उन्हें इस बात की जानकारी हुई। अधिवक्ता ने इस संबंध में सत्र न्यायालय में रिवीजन प्रस्तुत किया है। लोकेंद्र शर्मा ने बताया कि यह पुलिस की मनमानी है। उनके संबंध में कोर्ट ने मूल पत्रावली तलब की है। शिकायतकर्ता भी बयान को बुलाए गए कोर्ट में जांच के लिए बयान के लिए शिकायत कर्ता को भी बुलाया गया है। उन्हें भी नोटिस भेजा गया है। एक पीड़ित ने अपने अधिवक्ता के माध्यम से शिकायत की थी। पीड़ित पक्ष को भी अपने बयान दर्ज कराने है।
औरैया में अवैध खनिज परिवहन पर कार्रवाई:4 डंपर सीज, 2.68 लाख रुपये का जुर्माना लगा
औरैया में अवैध खनिज परिवहन के खिलाफ अभियान चलाया गया। जिलाधिकारी डॉ. इंद्रमणि त्रिपाठी के निर्देश पर, उपजिलाधिकारी (सदर) अजय आनंद वर्मा के नेतृत्व में औरैया-इटावा मार्ग पर रात 10 बजे चेकिंग की गई।इस अभियान के दौरान, एसडीएम सदर और खनिज विभाग की टीम ने कुल 14 डंपरों की जांच की। इनमें से 4 डंपर अवैध खनिज परिवहन में लिप्त पाए गए। इन चारों डंपरों के खिलाफ कार्रवाई करते हुए उन्हें सीज कर दिया गया। साथ ही, उन पर कुल 2 लाख 68 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया गया। इस कार्रवाई से जनपद औरैया में अवैध खनिज परिवहन करने वालों में हलचल मच गई। एसडीएम सदर और खनिज अधिकारी ने बताया कि अवैध परिवहन के खिलाफ यह कार्रवाई लगातार जारी रहेगी। जिला प्रशासन द्वारा प्रदेश सरकार के राजस्व को क्षति पहुंचाने वालों के विरुद्ध यह अभियान निरंतर चलाया जाएगा।
बालोतरा जिले की समदड़ी थाना पुलिस ने ऑपरेशन अश्ववेग के तहत सोलर प्लेट्स चोरी की घटना का पर्दाफाश करते हुए चार चोर को गिरफ्तार किया है। वहीं सोलर प्लेट्स समेत चोरी घटना में उपयोग में ली जाने वाली पिकअप को भी जब्त किया है। फिलहाल पुलिस चोरों से अन्य चोरी की वारदात को लेकर पूछताछ कर रही है। दरअसल, समदड़ी मजल निवासी तांबाराम ने 3 मार्च को रिपोर्ट दी थी। जिसमें बताया कि 15 फरवरी की रात में गांव मजल गांव में सुकड़ी नदी में स्थित कृषिा कुएं पर खेती कार्य के लिए सोलर पैनल व सोलर पंप लगाया हुआ था। रात के समय में चोरों ने खेती कार्य से सोलर पैनल व पंप चोरी कर ले गए। पुलिस ने रिपोर्ट पर मामला दर्ज कर जांच पड़ताल शुरू की। एसपी रमेश आईपीएस ने बताया- जिले में चोरी की वारदातों को खुलासा करने के लिए ऑपरेशन अश्ववेग चलाया जा रहा है। एएसपी हरफूल सिंह मीना डीएसपी देरावरसिंह के सुपरविजन में समदड़ी थानाधिकारी नरपतदान के नेतृत्व में टीम बनाई गई। टीम ने तकनीकी विश्लेषण, परंपरागत पुलिसिंग एवं सूचना के आधार पर घटना की कड़ियां को जोड़ी गई। चोरी में शामिल आरोपी को पता लगाकर तेजाराम (21) पुत्र माघाराम, दिनेश कुमार (32) पुत्र ओटाराम, रामचंद्र (28) पुत्र फूलाराम, गिरधारी (21) पुत्र पुनाराम निवासी पातों का बाड़ा समदड़ी जिला बालोतरा को डिटेन किया गया। पूछताछ में आरोपियों ने चोरी में शामिल होने की बात कबूल की। पुलिस ने चारों को गिरफ्तार किया गया। पिकअप व चुराई सोलर प्लेट्स की बरामद पुलिस ने चोरी में उपयोग में ली गई पिकअप गाड़ी को जब्त किया। वहीं चुराए गए सोलर प्लेट्स माल को बरामद किया है। फिलहाल पुलिस की टीमें चोरी में शामिल अन्य आरोपियों की तलाश की जा रही है। आरोपी तेजाराम, दिनेश कुमार और रामचंद्र के खिलाफ पहले से एक-एक मामले दर्ज है।
जौनपुर में 446 राशन कार्ड रद्द:आयकर दायरे में आने वाले 42 हजार धारकों की जांच
जौनपुर जिले में 42 हजार से अधिक राशन कार्ड धारक जांच के दायरे में हैं। इन पर आयकरदाता होने के बावजूद राशन कार्ड बनवाने का आरोप है। हाल ही में पांच एकड़ से अधिक भूमि वाले 446 राशन कार्ड रद्द किए गए हैं। राशन कार्ड के लिए ग्रामीण क्षेत्रों में वार्षिक आय सीमा दो लाख रुपये और शहरी क्षेत्रों में तीन लाख रुपये निर्धारित है। इसके अतिरिक्त, चार पहिया वाहन या पांच एकड़ से अधिक भूमि वाले व्यक्ति राशन कार्ड के पात्र नहीं होते हैं। आरोप है कि कई उच्च आय वर्ग के लोगों ने गलत जानकारी देकर राशन कार्ड बनवाए हैं। जांच के दायरे में आए कुल 42,243 राशन कार्ड धारकों में से 36,072 ग्रामीण क्षेत्रों से और 6,162 नगरीय क्षेत्रों से संबंधित हैं। आयकरदाताओं की यह संभावित सूची भारत सरकार द्वारा जारी की गई है। वर्तमान में जिले में कुल 8 लाख 33 हजार 710 राशन कार्ड धारक हैं। इनमें 1 लाख 25 हजार 472 अंत्योदय कार्डधारक और 7 लाख 8 हजार 238 पात्र गृहस्थी कार्डधारक शामिल हैं। जिला आपूर्ति अधिकारी (डीएसओ) संतोष विक्रम शाही ने बताया कि ऑनलाइन प्रक्रिया के कारण अब जांच आसान हो गई है। उन्होंने पुष्टि की कि गलत जानकारी देकर राशन कार्ड बनवाने वालों के कार्ड रद्द किए जा रहे हैं। हाल ही में 446 कार्ड रद्द किए गए हैं और आयकर श्रेणी में आने वाले धारकों की जांच अंतिम चरण में है।
प्रदेश सरकार ने बलरामपुर जिले में लंबे समय से प्रतीक्षित रेलवे ओवरब्रिज के निर्माण को मंजूरी दे दी है। राष्ट्रीय राजमार्ग-730 पर गोंडा-बलरामपुर रेलखंड के समपार संख्या-136 पर दो लेन का रेल उपरिगामी सेतु बनाया जाएगा। इस परियोजना पर कुल 292.21 करोड़ रुपये खर्च होंगे, जिसका पूरा वहन राज्य सरकार करेगी। यह प्रस्ताव पहले वित्त समिति द्वारा अनुमोदित किया गया था, जिसके बाद मंत्रिपरिषद ने इसे अंतिम स्वीकृति प्रदान की। इस निर्णय से स्थानीय निवासियों की वर्षों पुरानी मांग पूरी हुई है।रेलवे क्रॉसिंग के कारण बलरामपुर शहर में अक्सर भीषण जाम की स्थिति बनी रहती है। गोंडा-गोरखपुर रेलखंड शहर को दो हिस्सों में बांटता है, जिससे एक ओर बाजार और अस्पताल हैं, तो दूसरी ओर जिलाधिकारी कार्यालय, विकास भवन, न्यायालय और पुलिस अधीक्षक कार्यालय स्थित हैं। दिनभर में लगभग 8 यात्री और मालगाड़ियां इस रेलखंड से गुजरती हैं, जिसके चलते फाटक 10 से 12 बार बंद होता है। क्रॉसिंग बंद होने पर वाहनों की लंबी कतारें लग जाती हैं और जाम वीर विनय चौराहा तथा पीपल तिराहा तक फैल जाता है। यह मार्ग गोंडा, बहराइच, श्रावस्ती, तुलसीपुर और देवीपाटन जैसे महत्वपूर्ण क्षेत्रों को जोड़ता है। इस ओवरब्रिज के निर्माण से लगभग सवा लाख लोगों को जाम की समस्या से बड़ी राहत मिलेगी। साथ ही, मरीजों, छात्रों और व्यापारिक गतिविधियों में भी आवागमन सुगम हो जाएगा। जिलाधिकारी ने दिसंबर 2025 में इस परियोजना के संबंध में शासन को एक प्रस्ताव भेजा था, जिसमें सदर विधायक पल्टूराम के सुझाव का उल्लेख किया गया था। शासन ने भी अपने आदेश में इस प्रस्ताव का हवाला दिया है। निर्माण कार्य की सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं और अप्रैल से काम शुरू होने की संभावना है। निर्माण अवधि के दौरान यातायात को सुचारु रखने के लिए पीपल तिराहा से संतोषी माता मंदिर तक जाने वाले मार्ग को चौड़ा किया जा रहा है।
बुलंदशहर में गुर्जर महासभा की एक बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में 28 मार्च को नोएडा के जेवर में होने वाले इंटरनेशनल एयरपोर्ट के उद्घाटन समारोह को ऐतिहासिक बनाने का आह्वान किया गया। एमएलसी नरेंद्र भाटी ने लोगों से इस कार्यक्रम में बड़ी संख्या में पहुंचने की अपील की। एमएलसी नरेंद्र भाटी ने कहा कि जेवर एयरपोर्ट पश्चिमी उत्तर प्रदेश के विकास का नया द्वार खोलेगा। उन्होंने गुर्जर समाज से इस विकास प्रक्रिया में अग्रणी भूमिका निभाने का आग्रह किया। बैठक में जेवर एयरपोर्ट के शुभारंभ की तैयारियों पर विस्तार से चर्चा की गई। निर्णय लिया गया कि कार्यक्रम को सफल बनाने के लिए गांव स्तर पर जनसंपर्क अभियान चलाया जाएगा और युवाओं को विभिन्न जिम्मेदारियां सौंपी जाएंगी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 28 मार्च को जेवर में देश के सबसे बड़े इंटरनेशनल एयरपोर्ट का शुभारंभ करेंगे। इस अवसर पर भाजपा के सांसद, विधायक, वरिष्ठ पदाधिकारी सहित लाखों लोगों के मौजूद रहने की उम्मीद है।बुलंदशहर में आयोजित इस बैठक में भाजपा जिला अध्यक्ष विकास चौहान, भाजपा जिला उपाध्यक्ष भक्तोष गुर्जर और गुर्जर महासभा के सदस्य सहित भाजपा के सैकड़ों वरिष्ठ पदाधिकारी उपस्थित रहे। एमएलसी नरेंद्र भाटी ने 2027 के चुनावों पर भी बात की। उन्होंने अपनी पार्टी की रात-दिन की मेहनत और जमीनी स्तर पर जनता की सेवा का जिक्र करते हुए 2027 का चुनाव पूर्ण बहुमत से जीतने का विश्वास व्यक्त किया।
औरैया के फफूंद क्षेत्र स्थित ग्राम जैतपुर के महामाया मंगलाकाली धाम मंदिर में चल रहे रासलीला महोत्सव में चैत्र नवरात्रि के अवसर पर भक्ति का अनूठा संगम देखने को मिल रहा है। बीती रात वृन्दावन के सुप्रसिद्ध कलाकारों ने भगवान श्री कृष्ण की मनमोहक 'माखन चोरी' लीला का जीवंत मंचन किया, जिसे देखने के लिए क्षेत्रीय जनता का भारी सैलाब उमड़ पड़ा। आदर्श बाल कृष्ण रासलीला मण्डल, श्री बांके बिहारी कॉलोनी (वृन्दावन) के कलाकारों ने जैसे ही कान्हा की बाल लीलाओं का मंचन शुरू किया, पूरा परिसर 'जय श्री कृष्णा' के जयघोष से गूंज उठा। यह महोत्सव चैत्र नवरात्रि के पावन अवसर पर आयोजित किया जा रहा है। लीला में नटखट नंदलाल को अपने बाल-सखाओं के साथ गोपियों के घरों में चोरी-छिपे घुसते और ऊंचे टंगे छीकों से माखन की मटकियां उतारकर आनंद लेते हुए दिखाया गया। गोपियों द्वारा यशोदा मैया से कान्हा की शिकायत करने और कान्हा के मासूम जवाबों ने उपस्थित सैकड़ों श्रद्धालुओं को मंत्रमुग्ध कर दिया। भक्तिमय वातावरण के बीच मां दुर्गा के जयकारों ने क्षेत्र में आध्यात्मिक ऊर्जा का संचार किया। इस दौरान उपस्थित सभी श्रद्धालु भाव-विभोर होकर लीला का आनंद लेते रहे। कार्यक्रम आयोजक आचार्य अर्पण शुक्ला जी महाराज ने बताया कि नवरात्रि का यह पावन पर्व हमें सेवा, श्रद्धा और समाज में एकता का संदेश देता है। उन्होंने समस्त क्षेत्रवासियों और धर्मप्रेमियों से अधिक से अधिक संख्या में पधारकर प्रभु की दिव्य लीलाओं का रसपान करने और पुण्य लाभ अर्जित करने की अपील की। मंदिर परिसर में उमड़ रही भारी भीड़ को देखते हुए आयोजन समिति द्वारा सुरक्षा और बैठने के विशेष प्रबंध किए गए हैं, ताकि दूर-दराज से आने वाले भक्तों को किसी प्रकार की असुविधा न हो।
गिरिडीह जिले के गांडेय थाना क्षेत्र स्थित झरकट्टा गांव में लापरवाही का एक गंभीर मामला सामने आया। नशे की हालत में पिस्टल से छेड़छाड़ के दौरान चली गोली से 38 वर्षीय टिंकू मरीक गंभीर रूप से घायल हो गया। घायल युवक मुफ्फसील थाना क्षेत्र के जमबाद का रहने वाला है। घटना के बाद उसे तत्काल सदर अस्पताल पहुंचाया गया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद उसकी हालत नाजुक देखते हुए डॉक्टरों ने बेहतर इलाज के लिए धनबाद रेफर कर दिया। शराब पार्टी के दौरान हुआ हादसा जानकारी के अनुसार, टिंकू मरीक काम से लौटने के बाद अपने दो साथियों के साथ झरकट्टा गांव गया था। यहां तीनों ने साथ बैठकर शराब पी। इसी दौरान नशे में धुत एक युवक ने अपने पास रखी पिस्टल निकाली। वहीं यह जांचने लगा कि उसमें गोली है या नहीं। लापरवाही के कारण अचानक पिस्टल से फायर हो गया और गोली सीधे टिंकू मरीक के पेट में जा लगी। घटना के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई। आसपास के लोगों ने पहुंचाया अस्पताल गोली चलने की आवाज सुनकर आसपास के लोग मौके पर जुट गए और गंभीर रूप से घायल युवक को तुरंत सदर अस्पताल पहुंचाया। वहां डॉक्टरों ने प्राथमिक उपचार किया। लेकिन हालत गंभीर होने के कारण उसे धनबाद रेफर कर दिया गया। चिकित्सकों के अनुसार, गोली पेट में लगने से स्थिति बेहद नाजुक बनी हुई है। पुलिस ने एक को किया अरेस्ट, पिस्टल बरामद घटना की सूचना मिलते ही सदर एसडीपीओ जीतवाहन उरांव, मुफ्फसील थाना प्रभारी श्याम किशोर महतो और गांडेय पुलिस मौके पर पहुंचे। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए एक व्यक्ति को गिरफ्तार कर लिया। उसकी पहचान जमबाद निवासी छोटू तांती के रूप में हुई है। आरोपी की निशानदेही पर घटना में प्रयुक्त पिस्टल भी बरामद कर जब्त कर ली गई है। एसडीपीओ ने बताया कि मामला संदिग्ध प्रतीत हो रहा है। सभी पहलुओं पर जांच की जा रही है। यह भी पता लगाया जा रहा है कि आरोपी के पास हथियार कहां से आया।
ग्वालियर में मंगलवार सुबह मौसम ने अचानक करवट ली। तेज धूप के बीच चली ठंडी हवाओं ने मौसम को सुहावना बना दिया। हवाओं के असर से तापमान में गिरावट दर्ज की गई, जिससे लोगों को गर्मी से राहत मिली। सोमवार को अधिकतम तापमान 31.8 डिग्री सेल्सियस था, जो घटकर 29.2 डिग्री तक पहुंच गया। वहीं मंगलवार सुबह न्यूनतम तापमान भी 17.5 डिग्री से गिरकर 17.1 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। तापमान में इस गिरावट ने मौसम को काफी राहत भरा बना दिया। चक्रवाती घेरा और नमी बदलाव की मुख्य वजह मौसम विभाग के अनुसार इस बदलाव के पीछे राजस्थान क्षेत्र में बना चक्रवाती घेरा और अरब सागर से आ रही नमी मुख्य कारण हैं। इन सिस्टम के प्रभाव से आसमान में बादल छाए हुए हैं और कई जगहों पर हल्की बारिश भी दर्ज की गई है। मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि 26 मार्च को एक नया वेस्टर्न डिस्टर्बेंस सक्रिय होने जा रहा है। इसके चलते आने वाले दिनों में फिर से बादल, तेज हवाएं और हल्की बारिश का दौर जारी रह सकता है। बदलते मौसम ने बढ़ाई किसानों की चिंता जहां एक ओर इस बदले मौसम ने लोगों को गर्मी से राहत दी है, वहीं दूसरी ओर किसानों की चिंता बढ़ा दी है। इस समय गेहूं और चना जैसी फसलें पकने की अवस्था में हैं, ऐसे में बारिश और तेज हवाओं से फसलों को नुकसान पहुंचने का खतरा बना हुआ है। अचानक मौसम परिवर्तन उत्पादन पर असर डाल सकता है। मौसम में उतार-चढ़ाव बना रहेगा शाम के समय चली ठंडी हवाओं ने लोगों को हल्की ठंडक का एहसास कराया, जिससे कई दिनों बाद मौसम सुहाना नजर आया। हालांकि मौसम विभाग ने चेतावनी दी है कि अगले कुछ दिनों तक मौसम में उतार-चढ़ाव बना रह सकता है और बीच-बीच में बादल, हवा और हल्की बारिश देखने को मिल सकती है।
ग्वालियर में एक दंपती के एचडीएफसी बैंक खातों से साइबर धोखाधड़ी के जरिए 1.70 लाख रुपये निकाल लिए गए। पति-पत्नी को इस ठगी का पता तब चला जब उन्होंने अपने बैंक खाते मोबाइल पर चेक किए। पीड़ित दंपती की पहचान अरविंद सिंह परमार पुत्र विजेंद्र सिंह परमार और उनकी पत्नी के रूप में हुई है। वे डीडी नगर स्थित एफएल-227, तोमर मेडिकल वाली गली, कुशवाह मार्केट के निवासी हैं। उन्हें 25 फरवरी को बैंक खाते चेक करने पर ठगी का पता चला। दंपती के अनुसार, उनके पास खातों से पैसे निकाले जाने का न तो कोई मैसेज आया और न ही कोई कॉल। पैसे गायब होने का पता चलते ही अरविंद परमार तुरंत बैंक पहुंचे और अपने तथा अपनी पत्नी के खाते ब्लॉक करवा दिए। इसके बाद उन्होंने महाराजपुरा थाने में धोखाधड़ी की शिकायत दर्ज कराई। महाराजपुरा थाना पुलिस ने अज्ञात ठगों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। इस मामले में महाराजपुरा थाना प्रभारी यशवंत गोयल ने बताया कि साइबर धोखाधड़ी की एक प्राथमिकी दर्ज की गई है, जिसमें खाते से 1.70 लाख रुपये की ठगी हुई है। पुलिस मामले की गहनता से जांच कर रही है।
इंदौर में तीन दिन पहले बिल्डर व कारोबारी संजय जैन को लॉरेंस विश्नोई गैंग के नाम धमकी देने के मामले में क्राइम ब्रांच को बड़ी सफलता मिली है। टीम ने शूटर मनीष धाकड़ को गुना की जेल से प्रोडक्शन वारंट पर गिरफ्तार किया है। आरोपी को इंदौर लाया जा रहा है। सोमवार को क्राइम ब्रांच की टीम गुना पहुंची थी। मनीष धाकड़ यहां एक आपराधिक केस में जेल में बंद है। उसे अब संजय जैन को धमकाने के आरोप में गिरफ्तार किया गया है। अब उसे इंदौर के मामले में भी पूछताछ के लिए लाया जा रहा है। मामला तुकोगंज क्षेत्र के बिल्डर संजय जैन को मिली धमकी से जुड़ा है। जांच में सामने आया है कि धमकी देने वाला शूटर किराए पर काम करता था और उसके संपर्क में मनीष धाकड़ था। हालांकि, इस कनेक्शन की आधिकारिक पुष्टि अभी पुलिस अधिकारियों ने नहीं की है। लॉरेंस बिश्नोई गैंग को पैसा ट्रांसफर करने का रिकॉर्ड मिला है धाकड़ से सूत्रों के मुताबिक, गुना में हुए एक पुराने मामले में मनीष के पास जो रकम आई थी, उसका लिंक लॉरेंस बिश्नोई गैंग से जुड़े लोगों तक ट्रांसफर होने की बात सामने आई है। क्राइम ब्रांच अब पूरे नेटवर्क की कड़ियां जोड़ने में जुटी हुई है। अधिकारियों का कहना है कि जल्द ही इस पूरे मामले का खुलासा किया जाएगा और गैंग से जुड़े अन्य लोगों पर भी कार्रवाई हो सकती है। बिल्डर जैन के पाास तीन दिन पहले आया था कॉल एडीशनल डीसीपी राजेश दंडोतिया के मुताबिक, गुरुवार को संजय को धमकी भरा कॉल आया, जिसे उन्होंने तुरंत डिस्कनेक्ट कर दिया। इसके बाद उनके मोबाइल पर वॉइस मैसेज आया, जिसमें मैसेज करने वाले ने खुद को लॉरेंस गैंग का साथी और हेरी बॉक्सर बताया और 15 करोड़ रुपए की मांग की। घटनाक्रम से जुड़ी यह खबर भी पढ़ें संजय ने पुलिस बताया कि 16 मार्च की सुबह करीब साढ़े आठ बजे मुझे एक इंटरनेशनल नंबर से वॉइस कॉल आया। कॉल करने वाले ने पूछा—क्या तू संजय जैन बोल रहा है, तू बिल्डर है ना? मैंने इससे इनकार किया तो उसने कहा—झूठ मत बोल, मुझे सब पता है। उसने अपना नाम हेरी बॉक्सर बताया और कहा कि वह लॉरेंस गैंग का मेंबर है, इंटरनेट पर उसकी जानकारी देख सकता हूं। इसके बाद मैंने फोन काट दिया और उस नंबर को ब्लॉक कर दिया। वॉइस मैसेज में कहा गया कि रकम नहीं देने पर हत्या कर दी जाएगी। इंटरनेशनल नंबर से वॉइस कॉल आया
बिल्डर जैन को लारेस विश्नाई की धमकी:गुना की जेल से शूटर मनीष धाकड की ली क्राइम ब्रांच ने गिरफ्तारी
इंदौर के बिल्डर को धमकी देने के मामले में क्राइम ब्रांच ने गुना की जेल से मनीष धाकड नाम के आरोपी की गिरफ्तारी ली है। उसे इंदौर लेकर आया जा रहा है। सोमवार को इस मामले में क्राइम ब्रांच की टीम गुना पहुंची थी। यहां भी लारेस के द्वारा धमकाने के बाद मनीष की गिरफ्तारी हुई थी। तुकोगंज के बिल्डर संजय जैन को धमकी देने के मामले में इंदौर क्राइम ब्रांच की टीम ने लॉरेस विश्नोइ गैंग से जुडे मनीष धाकड को उठाया है। से प्रोडक्शन वारंट पर क्राइम ब्रांच की टीम इंदौर लेकर रही है। जानकारी के मुताबिक जिस शूटर ने संजय जैन को धमकी दी थी। वह किराए पर शूटर लेता था। जिसमें मनीष धाकड उसके संपर्क में था। हालाकि क्राइम ब्रांच के अफसर अभी इस मामले में पुष्टी नही की है। लेकिन बिल्डर जैन से जुडे मामले में ही मनीष को उठाया गया है।बताया जाता है कि पूर्व में गुना में हुए एक कांड में मनीष के अंकाउट में रूपए आए थे। जो लॉरेस विश्नोई से जुडे लोगो को ट्रांसफर हुए थे। क्राइम ब्रांच अब पूरे मामले की कडी जोड़ने में जुटी हुई है। जल्द अफसर इस पूरे मामले से पर्दा उठाएगे।
कानपुर में गैस सिलेंडर की किल्लत के कारण शहर के प्रसिद्ध खानपान की दुकानों में मेन्यू में बदलाव कर दिया गया है। कई आइटम दुकानदार बना नहीं रहे हैं। बाकी जो भी दुकान में तैयार किया जा रहा है, वह कोई कोयला भट्टी से तो कोई डीजल भट्ठी के जुगाड़ से काम चला रहा है। मुन्ना समोसा की दुकान से चीज और पनीर समोसा गायब हो गया है, तो मिठाई की दुकानों से रबड़ी और इमरती भी गैस की कमी के कारण गायब हो गई हैं। अब पढ़िए रिपोर्ट शहर की मशहूर दुकानों में बिकने वाले पकवान क्यों नहीं बन रहे हैं, जो दुकानदारों ने जो बतायाशहर के बिरहाना रोड स्थित मुन्ना समोसा की पहचान उनके समोसों की वैरायटी से जानी जाती है। साल 1973 से समोसे की वैरायटी के रूप में जानी जाने वाली यह दुकान कई प्रकार के समोसे मिलने के लिए मशहूर है। शहर में यहां खासकर आलू के समोसे के अलावा मलाई पनीर, चीज पनीर और पिज्जा समोसे खाने लोग आते हैं। लेकिन पिछले 15 दिनों से चीज पनीर और मलाई पनीर समोसा खाने वाले मायूस लौट रहे हैं। दुकानदार रामजी गुप्ता ने बताया कि जब से गैस की किल्लत शुरू हुई, तब से दिक्कत बढ़ गई। तीन दिन दुकान बंद रखनी पड़ी। इसके बाद डीजल भट्ठी की व्यवस्था की।इसके बाद गैस न होने के कारण मेन्यू कम करना पड़ा। हमने चीज पनीर और मलाई पनीर समोसा बनाना बंद कर दिया है। इसके साथ ही खस्ता भी बनाना बंद कर दिया है। कई चीजों के दाम भी बढ़ा दिए हैं।अब पढ़िए कानपुर की प्रतिष्ठित मिष्ठान की दुकानों के दुकानदारों ने जो बतायाशहर की 125 साल पुरानी बादशाहीनाका, सब्जी मंडी स्थित “भीखाराम महावीर प्रसाद” के नाम से मिठाई की दुकान है। दुकानदार मयंक गुप्ता ने बताया कि हमारे यहां डीजल भट्ठी से काम चल रहा है। सिलेंडर कहीं मिल नहीं रहा है। इसीलिए रबड़ी और इमरती बनाना बंद कर दिया है।इसके अलावा कचौड़ी बनवाना भी बंद कर दिया था, लेकिन ईद पर दो दिन बनवाया, फिर बंद कर देंगे। डीजल भट्ठी के बॉयलर नहीं मिल रहे हैं, इसके लिए भी मशक्कत करनी पड़ रही है। इसी तरह हालसी रोड स्थित श्याम दूध भंडार, जो करीब 70 साल पुरानी दुकान है। दुकानदार दिनेश ने बताया कि यहां की मिठाई, पनीर, दही स्पेशल है। यहां भी रबड़ी मलाई बनाना बंद कर दिया गया है। इसके साथ ही खोए की मिठाई में 20 रुपये किलो के हिसाब से दाम बढ़ा दिए गए हैं। उनका कहना है कि पहले तो तीन दिन दुकान बंद इसलिए करनी पड़ी क्योंकि सिलेंडर नहीं मिला। जब विकल्प बनाने के बारे में सोचा, तब डीजल भट्ठी और कोयला भट्टी से काम शुरू किया।
दमोह शहर के हटा नाका स्थित प्रसिद्ध मां बड़ी देवी मंदिर में सोमवार रात महाआरती के दौरान एक महिला को मंगलसूत्र छीनने के प्रयास में पकड़ा गया। श्रद्धालुओं ने उसे निर्भया पुलिस के हवाले कर दिया, जिसके बाद पुलिस महिला को पूछताछ के लिए कोतवाली ले गई। यह घटना सोमवार रात उस समय हुई जब मंदिर में महाआरती चल रही थी और हजारों की संख्या में श्रद्धालु मौजूद थे। भीड़ का फायदा उठाकर एक महिला ने एक श्रद्धालु के गले से मंगलसूत्र खींचने का प्रयास किया। पीड़ित महिला को जैसे ही इसका एहसास हुआ, उसने तुरंत आरोपी महिला का हाथ पकड़ लिया। आसपास मौजूद अन्य महिलाओं ने भी उसे पकड़ने में मदद की। सूचना मिलते ही मंदिर परिसर में तैनात महिला पुलिस मौके पर पहुंची और आरोपी महिला से प्रारंभिक पूछताछ की। आरोपी महिला बोली- खिलौने बेचने आई थी महिला ने बताया कि वह मेले में प्लास्टिक के खिलौने बेचने आई थी और उसने कोई मंगलसूत्र नहीं खींचा। उसने यह भी जानकारी दी कि उसके साथ कुछ बच्चे भी हैं। मंदिर परिसर में पुलिस ने उससे काफी देर तक पूछताछ की, लेकिन वह कोई स्पष्ट जानकारी नहीं दे पाई। इसके बाद पुलिस उसे अपने साथ कोतवाली ले गई, जहां उससे आगे की पूछताछ की जा रही है।
राजस्थान माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (RBSE) की ओर से 10वीं का रिजल्ट आज (24 मार्च) जारी किया जाएगा। इसके लिए सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। दोपहर करीब 1 बजे माध्यमिक शिक्षा बोर्ड के अजमेर स्थित ऑफिस से शिक्षा मंत्री मदन दिलावर रिजल्ट की घोषणा करेंगे। 10वीं के साथ 8वीं और 5वीं का रिजल्ट भी आज (सोमवार) ही जारी किया जाएगा। ऐसा पहली बार होगा, जब 10वीं का रिजल्ट 12वीं के रिजल्ट से पहले जारी हो रहा है। बोर्ड इतिहास में भी ये पहला मौका है, जब मार्च में रिजल्ट घोषित किया जा रहा है। राज्य सरकार की ओर से एक अप्रैल से नया सत्र शुरू करने के निर्देश गए थे। इसलिए तैयारियों को रफ्तार दिया गया और परिणाम से संबंधित काम समय पर निपटाए गए। बोर्ड प्रशासन 10वीं का रिजल्ट सबसे पहले घोषित कर रहा है। इस साल बोर्ड की परीक्षाएं 12 फरवरी से शुरू हुई थीं। दसवीं का एग्जाम 10 लाख 68 हजार 109 स्टूडेंट्स ने दिया था। 8वीं कक्षा में 12.86 लाख और 5वीं कक्षा में 13.68 लाख स्टूडेंट रजिस्टर्ड हैं। आठवीं की परीक्षा इस बार 20 फरवरी से 4 मार्च तक और पांचवीं कक्षा की परीक्षा 20 फरवरी से 6 मार्च तक कराई गई थी। अगले साल से 2 बार होगा दसवीं का बोर्ड एग्जामराजस्थान बोर्ड के नए सिस्टम के अनुसार- राजस्थान बोर्ड साल 2027 से 10वीं बोर्ड परीक्षा साल में 2 बार कराने वाला है। पहले सेशन की परीक्षा फरवरी और दूसरे सेशन की परीक्षा मई में होगी। दोनों ही एग्जाम पूरे सिलेबस पर आधारित होंगे। इनमें स्टडी पैटर्न या एग्जाम प्लानिंग का कोई बदलाव नहीं होगा। पहला एग्जाम देने वाले स्टूडेंट्स दूसरे फेज में मैक्सिमम 3 सब्जेक्ट्स में अपने मार्क्स सुधारने के लिए एग्जाम दे सकते हैं। इसके लिए जिन स्टूडेंट्स ने पहला फेज पूरी तरह से मिस कर दिया है, वो दूसरे फेज में होने वाले बोर्ड एग्जाम में बैठ सकते हैं। इसके लिए उन्हें एक वैलिड मेडिकल सर्टिफिकेट या जिला शिक्षा अधिकारी (सेकेंडरी) का अप्रूवल लेना होगा। दोनों ही अटेम्प्ट्स के लिए एग्जामिनेशन फीस में कोई बदलाव नहीं होगा। RBSE इसके लिए ‘बेस्ट ऑफ टू अटेम्प्ट’ का फॉर्मूला अपनाएगा। यानी दोनों अटेम्प्ट में से जिसमें भी बेहतर मार्क्स आए हैं, उसी के नंबर फाइनल रिजल्ट में जोड़े जाएंगे। 12वीं का रिजल्ट भी इसी महीनेबोर्ड की कोशिश है कि 12वीं आट्र्स, साइंस और कॉमर्स का रिजल्ट भी इसी महीने जारी कर दिया जाए। बोर्ड ने इसके लिए भी तैयारी शुरू कर दी है। 12वीं की परीक्षाएं 11 मार्च तक चली थीं, जिसमें सीनियर सेकेंडरी के 9 लाख 10 हजार 9 स्टूडेंट बैठे थे। प्रदेश के 6 हजार 170 सेंटर पर एग्जाम हुए थे। मदन दिलावर ने कहा- 12वीं का रिजल्ट 31 मार्च को जारी होने की संभावना है। ऐप पर पब्लिश होगी फोटो, अपने जिले के लिए इन नंबर्स पर करें कॉन्टैक्टदैनिक भास्कर ऐप पर दसवीं बोर्ड राजस्थान में 95 प्रतिशत या इससे ज्यादा नंबर लाने वाले बच्चों की फोटो, वीडियो के साथ उनके इंटरव्यू भी पब्लिश होंगे। रिजल्ट के साथ ही बच्चों के इंटरव्यू और एनालिसिस के साथ हर जिले का अपडेट आपको ऐप पर मिलेगा। 95 प्रतिशत से ज्यादा नंबर लाने वाले स्टूडेंट्स इन नंबर पर जिले के अनुसार अपनी फोटो के साथ नाम, मार्कशीट की फोटो और स्कूल के नाम के साथ शेयर करें…
छिंदवाड़ा शहर के पोला ग्राउंड (दशहरा मैदान) में हिंदू नववर्ष के अवसर पर आयोजित सांस्कृतिक संध्या के तहत 'युग प्रवर्तक डॉ. हेडगेवार' नाटक का सफल मंचन किया गया। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) के संस्थापक डॉ. केशव बलिराम हेडगेवार के जीवन पर आधारित इस नाटक में उनके बाल्यकाल से लेकर राष्ट्र निर्माण के संघर्ष को दिखाया गया। सोमवार देर शाम तक चले इस कार्यक्रम में कलेक्टर हरेंद्र नारायण, अपर कलेक्टर अग्रिम कुमार और भाजपा जिला अध्यक्ष शेषराव यादव सहित बड़ी संख्या में शहरवासी मौजूद रहे। डॉ. हेडगेवार के बाल्यकाल और संघर्ष का सजीव मंचन नाटक में डॉ. हेडगेवार के बाल्यकाल से लेकर राष्ट्र निर्माण के लिए उनके संघर्ष, जनसेवा के प्रति उनके समर्पण और समाज को संगठित करने के उनके दूरदर्शी विचारों को मंच पर प्रस्तुत किया गया। कलाकारों के प्रभावशाली अभिनय और मंच सज्जा ने पूरे कार्यक्रम को जीवंत बना दिया। ऐतिहासिक पोला ग्राउंड में इस नाटक को देखकर दर्शक भाव-विभोर हो गए। दर्शकों ने लगाए देशभक्ति के नारे मंच पर कलाकारों का अभिनय और डॉ. हेडगेवार के जीवन दर्शन को सजीव रूप में देखकर कार्यक्रम में मौजूद दर्शक उत्साहित हो गए। इस दौरान उत्साह से भरे दर्शकों ने बार-बार देशभक्ति के नारे भी लगाए। युवा पीढ़ी को राष्ट्रभक्ति से अवगत कराना उद्देश्य आयोजन समिति के अनुसार, इस सांस्कृतिक कार्यक्रम और नाटक मंचन का मुख्य उद्देश्य युवा पीढ़ी को देश के महान सपूतों के जीवन दर्शन से अवगत कराना था। समिति का मानना है कि ऐसे आयोजनों से युवाओं में राष्ट्रभक्ति की भावना का संचार होता है। कार्यक्रम में प्रशासनिक अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों के साथ गणमान्य नागरिक भी उपस्थित रहे। आयोजन समिति का कहना है कि इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य युवा पीढ़ी को देश के महान सपूतों के जीवन दर्शन से अवगत कराना और उनमें राष्ट्रभक्ति की भावना का संचार करना रहा। कार्यक्रम के दौरान बड़ी संख्या में शहरवासी उपस्थित रहे। इस मौके पर कलेक्टर हरेंद्र नारायण, अपर कलेक्टर अग्रिम कुमार, भाजपा जिला अध्यक्ष शेषराव यादव सहित जनप्रतिनिधि और गणमान्य नागरिक मौजूद रहे। देर शाम तक चले इस आयोजन में दर्शकों का उत्साह देखते ही बन रहा था।
इंदौर के सिंधी कॉलोनी क्षेत्र में सोमवार देर शाम हाई-वोल्टेज ड्रामा देखने को मिला। प्रेम प्रसंग में विवाद के बाद नशे में धुत एक युवक ने दूसरी मंजिल से छलांग लगा दी। गंभीर रूप से घायल युवक को लहूलुहान हालत में अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उसकी स्थिति नाजुक बनी हुई है। जूनी इंदौर थाना पुलिस के मुताबिक घटना गली नंबर 4 की है। युवक एक किराएदार युवती से मिलने पहुंचा था, जो दूसरे शहर की रहने वाली है और यहां एक निजी अस्पताल में काम करती है। घटना के समय दोनों कमरे में मौजूद थे, इसी दौरान किसी बात को लेकर दोनों के बीच बहस हो गई। बताया जा रहा है कि विवाद अचानक इतना बढ़ गया कि युवक ने आवेश में आकर दूसरी मंजिल से छलांग लगा दी। छलांग लगाने के बाद वह बिल्डिंग के पीछे बनी बैक लेन में जा गिरा। तेज आवाज सुनकर आसपास के लोग मौके पर पहुंचे तो युवक खून से लथपथ हालत में पड़ा मिला। स्थानीय लोगों ने तुरंत उसे निजी वाहन से अस्पताल पहुंचाया। सूचना मिलते ही जूनी इंदौर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू की। पुलिस का कहना है कि युवक को गंभीर चोटें आई हैं और उसकी हालत चिंताजनक बनी हुई है। फिलहाल उसका इलाज एक निजी अस्पताल में जारी है।
उत्तर प्रदेश के सहारनपुर जिले के देवबंद में 1 अप्रैल से मां बाला सुंदरी देवी का प्रसिद्ध मेला शुरू होने जा रहा है। इस मेले में मुस्लिम समुदाय के दुकानदारों को दुकानें न लगाने की अपील की गई है। मुजफ्फरनगर निवासी स्वामी यशवीर महाराज ने सहारनपुर प्रशासन से इस संबंध में कार्रवाई की मांग करते हुए आंदोलन की चेतावनी दी है। यह प्रसिद्ध मेला हर साल आयोजित होता है, जिसमें दूर-दराज से बड़ी संख्या में श्रद्धालु माता बाला सुंदरी देवी के दर्शन और आशीर्वाद लेने आते हैं। स्वामी यशवीर महाराज ने अपने बयान में कहा है कि मेले के आसपास कुछ मुस्लिम दुकानदार दुकानें लगाते हैं, जिससे मेले की पवित्रता प्रभावित होती है। उन्होंने आरोप लगाया कि ऐसे दुकानदार हिंदू धर्म की पवित्रता को नष्ट करते हैं और पवित्र मेले में बाधा उत्पन्न करते हैं, जिससे श्रद्धालुओं की धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचती है। स्वामी यशवीर महाराज ने कहा कि यह मेला सनातन धर्म और हिंदुओं का है, इसलिए मुस्लिम समुदाय के लोग यहां दुकानें न लगाएं। स्वामी यशवीर महाराज ने सहारनपुर के शासन-प्रशासन से अपील करते हुए कहा कि यदि मुस्लिम समुदाय के लोग मेले में दुकानें लगाते हैं, तो इसका विरोध किया जाएगा। उन्होंने इसे हिंदुओं की आस्था और पवित्रता का प्रश्न बताते हुए कहा कि उनकी भावनाओं के साथ खिलवाड़ नहीं होने दिया जाएगा। उन्होंने अपने बयान में यह भी कहा कि जब उनके मजहब में हिंदुओं को 'काफिर' कहा जाता है, तो वे हिंदुओं के मेले में दुकानें क्यों लगाते हैं।
श्री माता वैष्णो देवी के पवित्र मंदिर में चल रहे नवरात्रि उत्सव के दौरान तीर्थयात्रियों की संख्या में भारी बढ़ोतरी देखी जा रही है; पहले छह दिनों में ही 2 लाख से ज्यादा भक्तों ने दर्शन कर लिए हैं। अधिकारियों ने बताया कि भारी भीड़ के बावजूद यात्रा सुचारू रूप से चल रही है, और तीर्थयात्रियों के लगातार आने-जाने को संभालने के लिए व्यापक इंतजाम किए गए हैं। कटरा में बेस कैंप और भवन तक जाने वाला रास्ता दिन-रात भीड़ से भरा रहता है। नवरात्रि उत्सव के दौरान भक्तों की भारी भीड़ को देखते हुए, 21 मार्च की शाम को श्री माता वैष्णो देवी जी के पवित्र मंदिर की तीर्थयात्रा के लिए रजिस्ट्रेशन कुछ समय के लिए रोक दिया गया था, लेकिन 22 मार्च को सुबह 4 बजे तक इसे फिर से शुरू कर दिया गया। आज की बाकी बड़ी खबरें… पुणे के ऑटोमोबाइल हब में उत्पादन ठप एलपीजी, कच्चे माल और पुर्जों की भारी कमी का असर पुणे के ऑटोहब पर भी पड़ने लगा है। यहां उत्पादन बंद करने की नौबत आ गई है। ऑटो मैन्युफैक्चरिंग कंपनियों के पास पुर्जों का आमतौर पर एक हफ्ते का स्टॉक होता है। आपूर्ति बंद होने के कारण अब बड़ी कंपनियों को भी अपना उत्पादन घटाना पड़ रहा है। विकास आयुक्त ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से बैठक कर स्थिति के मूल्यांकन के निर्देश दिए। वहीं, काम न होने से उत्तर भारतीय कामगारों ने भी अपने गांवों की ओर पलायन करना शुरू कर दिया है। अब प्रीलिम्स के बाद आंसर की जारी करेगा यूपीएससी केंद्र सरकार ने बताया कि यूपीएससी अब सिविल सेवा प्रारंभिक परीक्षा के बाद प्रोविजनल आंसर की जारी करेगा। यह व्यवस्था 2026 परीक्षा से लागू होगी। आंसर की पर उम्मीदवार आपत्ति भी दर्ज करा सकेंगे। हालांकि प्रीलिम्स के अंक अंतिम परिणाम के बाद ही जारी होंगे। अब सरल भाषा में मिलेगी आईपीओ की जानकारी सेबी ने आईपीओ से जुड़ी जानकारी को ज्यादा आसान और समझने लायक बनाने के लिए नए नियम लागू किए हैं। अब आईपीओ लाने जा रही कंपनियों को दस्तावेज के साथ एक संक्षिप्त सार ‘एब्रिज्ड प्रॉस्पेक्टस’ देना होगा। इसमें बिजनेस, वित्तीय स्थिति और जोखिम जैसी अहम जानकारी सरल भाषा और तय शब्दसीमा में देनी होगी।
जमशेदपुर के एमजीएम अस्पताल में गंभीर लापरवाही का मामला सामने आया है। यहां इलाज के लिए आया मरीज भर्ती होने के दूसरे दिन से ही गायब था। सोमवार की रात उसका शव अस्पताल कैंपस से ही बरामद किया गया। गायब होने वाले मरीज का नाम सुनील यादव है। वह बागबेड़ा के बाबाकुटी का रहने वाला था। उसका शव अस्पताल परिसर में लैब की बाउंड्री वॉल के पास कचरे के बीच पड़ा मिला। शव से तेज दुर्गंध आ रही थी। आसपास मक्खियां भिनभिना रही थीं। मृतक के हाथ में कैनुला लगा हुआ था, जिससे स्पष्ट है कि वह इलाज के दौरान ही गायब हुए थे। लोगों के अनुसार शव करीब 6-7 दिन पुराना लग रहा था। परिजनों का आरोप- हत्या कर शव फेंका गया प्राप्त जानकारी के अनुसार सुरक्षाकर्मियों ने परिजनों को सूचना दी। जिसके बाद वे अस्पताल पहुंचे और हंगामा शुरू कर दिया। परिजनों ने आरोप लगाया कि सुनील यादव की हत्या कर शव को परिसर में फेंक दिया गया है। मौके पर एमजीएम थाना पुलिस और अस्पताल अधीक्षक पहुंचे। थाना प्रभारी ने जांच का आश्वासन देकर परिजनों को शांत कराया। शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेजा गया। पुलिस का कहना है कि परिजनों की लिखित शिकायत के आधार पर मामले की गहन जांच की जाएगी। 9 दिन तक नहीं मिला कोई सुराग मृतक के पुत्र अभय यादव ने बताया कि उनके पिता टेंपो चलाते थे। 13 मार्च को कमजोरी के कारण अस्पताल में भर्ती कराए गए थे। 14 मार्च की रात उनकी मां घर लौट आई थीं। 15 मार्च की सुबह जब वे अस्पताल पहुंचे तो उनके पिता बेड से गायब थे। अटेंडर भी नहीं मिला। काफी खोजबीन के बावजूद कोई जानकारी नहीं मिलने पर अस्पताल प्रबंधन को सूचना दी गई, लेकिन 9 दिनों तक किसी ने ठोस मदद नहीं की। सीसीटीवी फुटेज में वे 14 मार्च की रात मेन गेट तक जाते दिखे, उसके बाद उनका कोई पता नहीं चला। घटना के बाद प्रबंधन सख्त, नए नियम लागू घटना के बाद अस्पताल प्रबंधन अलर्ट मोड में आ गया है। मरीजों की सुरक्षा को लेकर नए नियम लागू किए गए हैं। अब जिन मरीजों के साथ परिजन नहीं होंगे, उन्हें नर्स की निगरानी में वॉशरूम ले जाया जाएगा। खिड़कियों में ग्रिल और स्लाइडर दरवाजों में लॉक लगाने का काम शुरू हो गया है। रात 9 बजे के बाद वार्ड से बाहर निकलने पर रोक लगा दी गई है। साथ ही वॉशरूम जाने के लिए अटेंडेंट अनिवार्य किया गया है। अस्पताल प्रशासन का कहना है कि घटना की आंतरिक जांच भी की जा रही है।
कोटा के बजरंग नगर इलाके में सिटी एसपी के सरकारी बंगले में देर रात अचानक एक करीब 6 फीट लंबा जहरीला ब्लैक कोबरा सांप निकल आया। सांप के दिखाई देने के साथ ही बंगले में मौजूद कर्मचारियों में हड़कंप मच गया और तुरंत स्नेक कैचर को बुलाया गया। देर रात ड्यूटी पर तैनात कर्मचारियों ने बंगले के बाहर चौक में एक बड़ा काला सांप बैठा देखा। पास जाकर जांच करने पर पता चला कि यह खतरनाक ब्लैक कोबरा है। सुरक्षा को देखते हुए तुरंत स्नेक कैचर गोविंद शर्मा को मौके पर बुलावा भेजा गया। सूचना मिलते ही गोविंद शर्मा पहुंचे और बेहद सावधानी से रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू कर दिया। करीब आधे घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद सांप को बिना किसी नुकसान के सुरक्षित पकड़ लिया गया। इसके बाद वन विभाग को सूचित किया गया और अधिकारियों की मौजूदगी में सांप को लाडपुरा क्षेत्र के घने जंगलों में छोड़ दिया गया। स्नेक कैचर गोविंद शर्मा ने बताया कि गर्मी के मौसम में सांप ठंडी जगह की तलाश में अक्सर रिहायशी इलाकों में घुस आते हैं, इसलिए लोगों को घबराने की कोई जरूरत नहीं है। उन्होंने सभी से अपील की कि अगर घर या आस-पास कोई जहरीला सांप या जंगली जानवर दिखे तो उसे मारने या छेड़ने की कोशिश बिल्कुल न करें, बल्कि तुरंत वन विभाग या प्रशिक्षित रेस्क्यू टीम को सूचना दें, ताकि उसे सुरक्षित तरीके से पकड़ा और छोड़ा जा सके।
सिटी एसपी के बंगले में घुसा 6-फीट लंबा ब्लैक कोबरा:स्नेक कैचर ने रेस्क्यू कर जंगल में रिलीज किया
कोटा शहर के बजरंग नगर इलाके में सिटी एसपी के सरकारी बंगले में देर रात एक करीब 6 फीट लंबा जहरीला ब्लैक कोबरा सांप निकल आया। सांप दिखाई देने के बाद बंगले में मौजूद कर्मचारियों में अफरा-तफरी मच गई और तुरंत स्नेक कैचर को सूचना दी गई। जानकारी के अनुसार देर रात ड्यूटी पर तैनात कर्मचारियों ने बंगले के बाहर चौक में एक बड़ा काला सांप बैठा हुआ देखा। पास जाकर देखने पर पता चला कि वह जहरीला ब्लैक कोबरा है। खतरे को देखते हुए तुरंत स्नेक कैचर गोविंद शर्मा को मौके पर बुलाया गया। सूचना मिलते ही स्नेक कैचर मौके पर पहुंचे और सावधानीपूर्वक रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया। करीब कुछ देर की मशक्कत के बाद ब्लैक कोबरा को सुरक्षित तरीके से पकड़ लिया गया। इसके बाद वन विभाग को सूचना दी गई और अधिकारियों की मौजूदगी में सांप को सुरक्षित रूप से लाडपुरा क्षेत्र के जंगलों में छोड़ दिया गया। स्नेक कैचर ने बताया कि गर्मी के मौसम में सांप अक्सर ठंडी जगह की तलाश में रिहायशी इलाकों में आ जाते हैं, ऐसे में लोगों को घबराने की जरूरत नहीं है। उन्होंने लोगों से अपील की कि अगर घर या आसपास कोई जहरीला जीव दिखाई दे तो उसे मारने या छेड़ने की कोशिश न करें, बल्कि तुरंत वन विभाग या प्रशिक्षित रेस्क्यू टीम को सूचना दें, ताकि सुरक्षित तरीके से उसे पकड़ा जा सके।
रायबरेली में गंगा एक्सप्रेसवे की अधूरी सर्विस रोड के कारण ग्रामीणों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। ग्रामीणों ने इस संबंध में प्रशासन से शिकायत की है। उत्तर प्रदेश सरकार की महत्वाकांक्षी गंगा एक्सप्रेसवे परियोजना का निर्माण उत्तर प्रदेश एक्सप्रेसवेज़ औद्योगिक विकास प्राधिकरण (UPEIDA) द्वारा किया जा रहा है। डेलौली सहित आसपास के कई गांवों के ग्रामीणों ने ऊंचाहार के उपजिलाधिकारी को एक ज्ञापन सौंपा है। इसमें उन्होंने सर्विस रोड की समस्या का तत्काल समाधान करने की मांग की है। ग्रामीणों ने अपने ज्ञापन में बताया कि गंगा एक्सप्रेसवे के किनारे बनाई जा रही सर्विस रोड को शारदा नहर (इलाहाबाद ब्रांच) के पास अधूरा छोड़ दिया गया है। यह सड़क पहले पश्चिमी पटरी से ग्राम झालावाबा तक बनाई गई थी, लेकिन नहर के पास इसका निर्माण रोक दिया गया, जिससे आवागमन बाधित हो रहा है। ग्रामीणों के अनुसार, बाद में पूर्वी पटरी की ओर सड़क का निर्माण किया गया, लेकिन बीच का हिस्सा अधूरा रह जाने से सर्विस रोड का उद्देश्य पूरा नहीं हो पा रहा है। डेलौली, पयागपुर नन्दौरा, मिर्जापुर ऐहारी, धमौली और अन्य गांवों के निवासियों को इससे आवागमन में गंभीर कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। ग्रामीणों ने मांग की है कि शारदा नहर पर एक पुल का निर्माण कर सर्विस रोड को जोड़ा जाए, ताकि स्थानीय लोगों को राहत मिल सके। उन्होंने चेतावनी दी है कि यदि इस समस्या का शीघ्र समाधान नहीं किया गया, तो स्थिति और गंभीर हो सकती है। इस समस्या के संबंध में ग्रामीणों ने जिलाधिकारी रायबरेली, यूपीडा के संबंधित अधिकारियों और मंडलायुक्त लखनऊ को भी ज्ञापन की प्रतियां भेजी हैं।
गाजीपुर से समाजवादी पार्टी के सांसद अफजाल अंसारी ने फिल्म 'धुरंधर 2' में अतीक अहमद को कथित तौर पर आईएसआई एजेंट दिखाए जाने पर कड़ी प्रतिक्रिया व्यक्त की है। उन्होंने आरोप लगाया कि ऐसी फिल्में सत्ता के संरक्षण में बनाई जा रही हैं, जिनका उद्देश्य सरकार की विफलताओं से जनता का ध्यान भटकाना है। अंसारी ने स्पष्ट किया कि फिल्मों की कहानियां बनती रहती हैं, लेकिन किसी भी फिल्म को सच्चाई का प्रमाण नहीं माना जा सकता। उनके अनुसार, इस तरह की सामग्री का असली मकसद अनावश्यक बहस छेड़ना होता है। उन्होंने मीडिया की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठाए। अंसारी ने कहा कि जिस तरह खबरों में अक्सर 'हम इसकी पुष्टि नहीं करते' लिखा जाता है, उसी तरह फिल्मों में दिखाई गई कहानी भी प्रामाणिक नहीं होती। उन्होंने जोर दिया कि केवल फिल्म बना देने से कोई घटना या किरदार सत्यापित नहीं हो जाता। सांसद अफजाल अंसारी ने 'धुरंधर 2' को लेकर चल रहे विवाद को इसी श्रेणी में रखा। उन्होंने कहा कि ऐसे विवादों से कानून-व्यवस्था और प्रशासनिक चुनौतियों जैसे वास्तविक मुद्दों से ध्यान हटाकर लोगों को दूसरी दिशा में सोचने पर मजबूर किया जा रहा है।
पीथमपुर में लावारिस लोडिंग वाहन में मिला शव:मृतक की पहचान नहीं; पुलिस शिनाख्ती में जुटी
औद्योगिक नगर पीथमपुर के सेक्टर-1 थाना क्षेत्र में सीसी पावर चौराहे के पास खड़ी एक खराब लोडिंग गाड़ी में एक अज्ञात व्यक्ति का शव मिला है। इस घटना से क्षेत्र में हड़कंप मच गया। पुलिस को सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस और जांच दल तुरंत मौके पर पहुंचा। जानकारी के अनुसार, यह वाहन काफी समय से चौराहे के पास खराब स्थिति में खड़ा था। शव मिलने के बाद पूरे इलाके में सनसनी फैल गई। जांच अधिकारी रज्जाक खान ने घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण कर साक्ष्य जुटाए। पुलिस की प्रारंभिक जांच और मृतक की वेशभूषा के आधार पर यह अनुमान लगाया जा रहा है कि मृतक कोई खानाबदोश व्यक्ति था, जो संभवतः आश्रय के लिए उस बंद वाहन का उपयोग कर रहा था। फिलहाल मृतक की पहचान नहीं हो पाई है। पुलिस आसपास के क्षेत्रों में उसकी शिनाख्त के प्रयास कर रही है। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम और पहचान के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र की मर्चुरी में रखवा दिया है। मर्ग कायम कर मामले की जांच शुरू कर दी गई है ताकि मृत्यु के वास्तविक कारणों का पता लगाया जा सके।
दुर्ग जिले में अफीम की अवैध खेती और तस्करी के खिलाफ पुलिस लगातार कार्रवाई कर रही है। पुलगांव और कुम्हारी थाना क्षेत्र में अलग-अलग मामलों में तीन नए आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने इनके पास से 11 ग्राम अफीम, 670 ग्राम डोडा चूरा, नगद रकम, मोबाइल फोन, इलेक्ट्रॉनिक तराजू और वाहन जब्त किया है। अब पुलिस पूरे नेटवर्क की जांच कर रही है। इस मामले में अब तक कुल आठ आरोपी पकड़े जा चुके हैं। पुलिस को पहले से मिले सुराग के आधार पर सिलोदा स्थित राजस्थानी भोजनालय क्षेत्र में दबिश दी गई। यहां से राजस्थान के पिलवा गांव निवासी सुखराम बिश्नोई को पकड़ा गया। ड्राइवर सीट के नीचे मिला डोडा पुलिस ने आरोपी की डस्टर गाड़ी की तलाशी ली तो ड्राइवर सीट के नीचे से 670 ग्राम डोडा चूरा मिला। इसके अलावा आरोपी के पास से 18 हजार 540 रुपए नगद, ॉइलेक्ट्रॉनिक तराजू, वाहन के कागजात और ओप्पो कंपनी का मोबाइल फोन भी जब्त किया गया। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया। जहां से उसे न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया है और आगे की जांच जारी है। बीजेपी नेता समेत अन्य आरोपी हो चुके हैं गिरफ्तार इस मामले में पहले भी कई आरोपियों को पकड़ा जा चुका है। पुलिस ने विकास बिश्नोई, बीजेपी नेता विनायक ताम्रकार, मनीष उर्फ गोलू ठाकुर और छोटू राम को पहले ही गिरफ्तार कर लिया था। इसके बाद 15 मार्च को रणछोड़ राम उर्फ रणजीत और सुनील देवासी को पकड़ा गया था, जिनके पास से अफीम डोडा और नगद रकम मिली थी। 16 मार्च को मदरूपा राम बिश्नोई को गिरफ्तार कर 42 हजार रुपए जब्त किए गए थे, जो डोडा चूरा बेचकर कमाए गए थे। पूछताछ के दौरान आरोपी विकास बिश्नोई ने बताया था कि सुखराम बिश्नोई भी डोडा चूरा की खरीद-बिक्री करता है। इसी जानकारी के आधार पर पुलिस ने सुखराम को पकड़ा। कुम्हारी में अफीम की तस्करी में दो और पकड़ाए वहीं कुम्हारी थाना क्षेत्र में भी अफीम तस्करी के मामले में दो और आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। यह कार्रवाई 17 मार्च को खारुन ग्रीन कॉलोनी से 403 ग्राम अफीम और 14 लाख 46 हजार रुपए के साथ पकड़े गए आरोपी गुरमेल सिंह से मिली जानकारी के आधार पर की गई। पुलिस ने गुरमेल सिंह के मोबाइल की कॉल डिटेल और बैंक लेन-देन की जांच की तो सप्लाई नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों के नाम सामने आए। इसके बाद 23 मार्च को पुलिस ने शिवप्रसाद कुमार साहू और रेशम सिंह उर्फ पप्पू पाजी को गिरफ्तार कर लिया। 11 ग्राम अफीम के साथ फोन भी जब्त कुम्हारी पुलिस ने गिरफ्तार आरोपियों के पास से 11 ग्राम अफीम और दो मोबाइल फोन जब्त किए गए हैं। पुलिस के अनुसार मोबाइल कॉल डिटेल और बैंक ट्रांजेक्शन की मदद से इस नेटवर्क तक पहुंचा गया है। जांच में यह भी देखा जा रहा है कि अफीम कहां से लाई जा रही थी और किन-किन लोगों तक पहुंचाई जा रही थी। पुलिस इस मामले में और गिरफ्तारियां होने की संभावना भी जता रही है। दुर्ग पुलिस जिले में अवैध अफीम खेती, डोडा चूरा की बिक्री और सप्लाई नेटवर्क पर कड़ी नजर रख रही है।
रायबरेली पुलिस ने मदरसा शिक्षक हाफ़िज़ मुर्तजा हत्याकांड में बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस ने 25 हजार रुपये के इनामी शूटर सूरज को गिरफ्तार कर लिया है। इस गिरफ्तारी के साथ ही इस मामले में अब तक कुल सात अभियुक्तों को जेल भेजा जा चुका है। यह घटना बीते 12 दिसंबर 2025 को डीह थाना क्षेत्र में हुई थी। पाठकपुर निवासी 45 वर्षीय मदरसा शिक्षक हाफ़िज़ मुर्तजा अपनी बेटी इशरत के साथ नसीराबाद मार्ग से घर लौट रहे थे। तभी घात लगाए बैठे हमलावरों अयूब, नईम और उनके साथियों ने उन्हें घेर लिया। प्रत्यक्षदर्शी बेटे सुफियान के अनुसार, बदमाशों ने ताबड़तोड़ फायरिंग शुरू कर दी, जिससे मुर्तजा की मौके पर ही मौत हो गई। बताया गया कि एक एम्बुलेंस के अचानक वहां पहुंचने से बदमाश बेटी को निशाना नहीं बना सके और फरार हो गए। पुलिस जांच में खुलासा हुआ कि इस हत्या की साजिश दो साल पहले रची गई थी। मुख्य आरोपी अयूब और मुर्तजा के बीच पुराने विवाद में अयूब की टांग टूट गई थी। इसी का बदला लेने के लिए अयूब ने मुर्तजा को रास्ते से हटाने की कसम खाई थी। वारदात को अंजाम देने से पहले चार-पांच दिनों तक मुर्तजा की रेकी की गई थी। पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर गठित टीमों ने घटना के चार दिन बाद ही दो आरोपियों रफीक पुत्र लाल मोहम्मद और अब्दुल जब्बार पुत्र सलामत (निवासी पुरे पाठक उतरी, थाना नसीराबाद) को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। हाल ही में, एसपी रवि कुमार, अपर पुलिस अधीक्षक संजीव कुमार सिन्हा और क्षेत्राधिकारी सलोन यादवेन्द्र बहादुर के नेतृत्व में थाना डीह पुलिस टीम ने मुखबिर की सूचना पर सोमवार, 23 मार्च 2026 को टेकारी मझलहा मार्ग से वांछित अपराधी सूरज पुत्र रामप्यारे उर्फ रामकुमार (निवासी ग्राम बिरनावां, थाना नसीराबाद, जनपद रायबरेली) को गिरफ्तार किया। विधिक कार्यवाही के बाद उसे न्यायिक अभिरक्षा में भेजा जा रहा है।
सिवनी में दो बाइकों की टक्कर, अधेड़ घायल:सर्रा टोला ग्राम के पास हादसा, जिला अस्पताल रेफर
सिवनी जिले के पलारी पुलिस चौकी क्षेत्र में सर्रा टोला ग्राम के पास 23 मार्च की देर रात दो बाइक्स की टक्कर हो गई। इस दुर्घटना में एक बाइक सवार गंभीर रूप से घायल हो गया। यह दुर्घटना उस समय हुई जब एक बाइक सवार पलारी से केवलारी की ओर जा रहा था और दूसरा धुटेरा से पलारी की ओर आ रहा था। सर्रा टोला ग्राम के समीप दोनों बाइकें आपस में टकरा गईं। टक्कर से 48 वर्षीय अजय यादव जो किसानी करते हैं, जिनको सिर, हाथ, पैर और शरीर के अन्य हिस्सों में गंभीर चोटें आईं। हादसे के बाद मौके पर मौजूद ग्रामीणों ने तुरंत एंबुलेंस को सूचना दी। एंबुलेंस ने घायल को प्राथमिक उपचार देकर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया। गंभीर स्थिति को देखते हुए डॉक्टरों ने उन्हें जिला अस्पताल रेफर कर दिया, जहां उनकी हालत स्थिर बताई जा रही है। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, दुर्घटना स्थल पर वाहनों और लोगों का आवागमन काफी अधिक रहता है। ग्रामीणों ने आशंका जताई है कि सड़क पर फिसलन, गड्ढे या असंतुलन के कारण यह घटना हुई होगी। गनीमत रही कि घटना के समय आसपास अन्य वाहन या अधिक संख्या में लोग मौजूद नहीं थे, जिससे एक बड़ा हादसा टल गया। जिला चिकित्सालय स्थित पुलिस चौकी प्रभारी विनेश बघेल ने बताया कि उन्हें सड़क दुर्घटना में एक बाइक सवार के घायल होने की सूचना मिली थी। पुलिस मामले की जांच कर रही है और घायल के संबंध में विस्तृत जानकारी जुटाई जा रही है।
उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षा परिषद ने शैक्षिक सत्र 2026-27 का विस्तृत कैलेंडर जारी कर दिया है। इस कैलेंडर में छात्रों के भाषाई कौशल, समाचार पढ़ने की आदत, मोबाइल दुष्प्रभावों से जागरूकता, मानसिक स्वास्थ्य और व्यावहारिक शिक्षा पर विशेष बल दिया गया है। परिषद ने सभी जिला विद्यालय निरीक्षकों को इसके कड़ाई से अनुपालन के निर्देश जारी किए हैं, ताकि प्रदेशभर के माध्यमिक विद्यालयों में एकरूपता बनी रहे। प्रार्थना सभा में अंग्रेजी और समाचार पढ़ाई का नया प्रावधान कैलेंडर के अनुसार, सप्ताह में एक दिन प्रार्थना अंग्रेजी भाषा में कराई जाएगी। यदि किसी विद्यालय में अन्य भाषा प्रचलित है, तो उसी भाषा में प्रार्थना का आयोजन किया जा सकेगा। छात्रों के स्क्रीन टाइम को कम करने और समाचार पत्र पढ़ने की आदत डालने के उद्देश्य से प्रार्थना सभा में रोजाना प्रमुख समाचार पत्रों की हेडलाइन खबरें पढ़वाई जाएंगी। साथ ही, इन खबरों में आने वाले कठिन शब्दों का सही उच्चारण, अर्थ और वाक्य प्रयोग भी छात्रों को सिखाया जाएगा। परिषद के सचिव भगवती सिंह ने बताया, यह कदम छात्रों को समसामयिक घटनाओं से जोड़ेगा और उनकी भाषा क्षमता को मजबूत करेगा। मोबाइल-ऑनलाइन गेम्स के दुष्प्रभावों पर जागरूकता अभियान नए सत्र में छात्रों को मोबाइल फोन के दुष्प्रभावों तथा ऑनलाइन गेम्स के कुप्रभावों के प्रति जागरूक करने पर विशेष ध्यान दिया जाएगा। सचिव भगवती सिंह ने कहा कि इन मुद्दों पर नियमित कार्यशालाएं और जागरूकता सत्र आयोजित किए जाएंगे, ताकि बच्चे डिजिटल व्यसन से दूर रहें और स्वस्थ जीवनशैली अपनाएं। 'नया सवेरा' कार्यक्रम से जीवन मूल्यों पर संवाद अप्रैल के प्रथम सप्ताह में 'नया सवेरा' कार्यक्रम के तहत शिक्षा अधिकारी विद्यालयों में दो दिनों तक प्रार्थना सभा के दौरान छात्रों से संवाद करेंगे। इस संवाद का विषय जीवन मूल्य, अनुशासन, कैरियर मार्गदर्शन और दैनिक दिनचर्या होगा। कार्यक्रम को और प्रभावी बनाने के लिए अभिभावकों तथा पूर्व छात्रों को भी विशेष रूप से आमंत्रित किया जाएगा। श्री सिंह ने बताया कि इससे छात्र-छात्राओं को प्रेरणादायी अनुभव प्राप्त होगा। व्यावहारिक शिक्षा और मानसिक स्वास्थ्य पर फोकस शिक्षण प्रक्रिया को अधिक रोचक और व्यावहारिक बनाने के लिए कैलेंडर में हैंड्स-ऑन एक्टिविटीज, एक्सपीरिएंशियल लर्निंग, वैज्ञानिक प्रयोग, गणितीय खेलों तथा प्रयोगशाला गतिविधियों को अनिवार्य किया गया है। छात्रों के मानसिक स्वास्थ्य को मजबूत करने हेतु सप्ताह में एक दिन योग और ध्यान सत्र आयोजित होंगे। सभी विद्यालयों में परिषद द्वारा निर्धारित पाठ्यपुस्तकों का ही पठन-पाठन सुनिश्चित किया जाएगा। इसके अतिरिक्त, साइबर सुरक्षा जागरूकता के लिए प्रत्येक विद्यालय में साइबर क्लब का गठन अनिवार्य होगा। बालिकाओं के सशक्तिकरण के उद्देश्य से 'शक्ति मंच' का भी गठन किया जाएगा, जहां वे नेतृत्व कौशल और आत्मरक्षा सीख सकेंगी।
जौनपुर में मोटर दुर्घटना दावा अधिकरण (ट्रिब्यूनल) के जज मनोज कुमार अग्रवाल ने लखनऊ और सीतापुर के जिलाधिकारियों (डीएम) का वेतन रोकने का आदेश दिया है। यह आदेश 10 साल पहले हुए सड़क हादसे में छात्र की मौत के मामले में क्षतिपूर्ति की वसूली न करने पर दिया गया है। लखनऊ के मंडलायुक्त को यह आदेश सोमवार को जारी किया गया। यह मामला जलालपुर निवासी शबनम के पुत्र फैसल से संबंधित है, जिसकी 23 मई 2016 को त्रिलोचन बाजार में एक ट्रक की टक्कर से मौत हो गई थी। फैसल उस समय 10वीं कक्षा का छात्र था। पीड़िता शबनम ने लखनऊ के ट्रक मालिक विजय प्रकाश वर्मा और सीतापुर के चालक राजीव शुक्ला के खिलाफ मामला दर्ज कराया था। मोटर दुर्घटना दावा अधिकरण ने 24 अगस्त 2017 को वाहन मालिक और चालक को 3.34 लाख रुपये की क्षतिपूर्ति सात प्रतिशत ब्याज के साथ पीड़िता को देने का आदेश दिया था। चालक के पास ड्राइविंग लाइसेंस नहीं होने के कारण कोर्ट ने बीमा कंपनी को इस मामले से बरी कर दिया था। आदेश के अनुपालन में देरी होने पर कोर्ट ने वसूली के लिए आरसी (रिकवरी सर्टिफिकेट) जारी की थी। हालांकि, संबंधित जिलों के प्रशासन ने इस वसूली में कोई रुचि नहीं दिखाई। इसे आदेश की अवहेलना मानते हुए कोर्ट ने मंडलायुक्त लखनऊ को लखनऊ और सीतापुर के जिलाधिकारियों का वेतन रोकने का निर्देश दिया है। मामले की अगली सुनवाई 10 अप्रैल को निर्धारित की गई है।
प्रदेश सरकार ने मुजफ्फरनगर नगर पालिका को स्मार्ट सिटी की तर्ज पर विकसित करने के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है। यह निर्णय लखनऊ में आयोजित मंत्रिमंडल की महत्वपूर्ण बैठक में लिया गया। यह प्रस्ताव मंत्री कपिल देव अग्रवाल द्वारा प्रस्तुत किया गया था। मंत्री कपिल देव अग्रवाल ने बताया कि उन्होंने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और नगर विकास मंत्री ए.के. शर्मा के समक्ष यह प्रस्ताव रखा था। इसका उद्देश्य मुजफ्फरनगर को आधुनिक सुविधाओं से युक्त शहर के रूप में विकसित करना है। नवयुग पालिका योजना के अंतर्गत शहर में बुनियादी सुविधाओं का व्यापक विस्तार किया जाएगा। इसके तहत सड़कों और यातायात व्यवस्था को बेहतर बनाया जाएगा, स्वच्छता प्रणाली को मजबूत किया जाएगा, पेयजल आपूर्ति में सुधार किया जाएगा और आधुनिक स्ट्रीट लाइटिंग के साथ-साथ डिजिटल सेवाओं को भी सुदृढ़ किया जाएगा। नागरिकों को स्मार्ट सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए नई तकनीकों का भी उपयोग किया जाएगा। प्रदेश सरकार द्वारा इस योजना के तहत कुल 58 नगर निकायों का चयन किया गया है। इन निकायों के लिए प्रतिवर्ष 583.20 करोड़ रुपये का बजट निर्धारित किया गया है, जिससे विकास कार्यों को गति मिलेगी। मंत्री कपिल देव अग्रवाल ने इस निर्णय के लिए मुख्यमंत्री और नगर विकास मंत्री का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि यह पहल मुजफ्फरनगर को एक आधुनिक और सुव्यवस्थित शहर बनाने में सहायक होगी।
रेवाड़ी में बावल की कंपनी के तीन कर्मचारियों सवा 11 लाख का सामान कबाड़ी को बेच दिया। कर्मचारियों ने दूसरी कंपनी के मालिक और कबाड़ी के साथ मिलकर इस कार्य को अंजाम दिया। कसौला पुलिस ने कंपनी के सीनियर मैनेजर एचआर की शिकायत पर पांचों के खिलाफ धोखाधड़ी का केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी। 3500 किलो प्लास्टिक दाना करणावास निवासी सीनियर एचआर मैनेजर अंकुर ने कसौला पुलिस को शिकायत दी। जिसमें बताया कि 13 मार्च को उनकी कंपनी में 3500 ( 1500 KG DBT व 2000 KG HOM) किलो प्लास्टिक का दाना आया था। जिसे उन्होंने कंपोटेंट बनाने के लिए दूसरी कंपनी को भेज दिया। ड्राइवर प्रवीण के साथ कंपनी कर्मी देवेंद्र भी साथ गया। पांच दिन बाद पता चला उन्होंने बताया कि 18 मार्च को उन्हें पता चला कि सामान की अभी तक डिलीवरी नहीं हुई। जब इस बारे में देवेंद्र से पूछताछ की तो उन्होंने बताया कि कर्मी उपकार के कहने पर सामान पुनीत कबाड़ी को बेच दिया। कबाड़ी को बेचे गए सामान की कीमत करीब सवा 11 लाख रुपए थी। कसौला पुलिस ने कंपनी कर्मी प्रवीण, उपकार व देवेंद्र के साथ कबाड़ी पुनीत और कंपनी संचालक पंकज के खिलाफ केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। फिलहाल किसी की गिरफ्तारी की सूचना नहीं है। खुद भेजते हैं मैटरियल कंपनी गाड़ियों का सामान सप्लाई करती है। इसके लिए वह खुद कच्चे सामान की खरीद करती है और कंपोटेंट बनाने के लिए अलग-अलग कंपनियों को भेज देती है। जहां से कंपोटेंट तैयार होकर कंपनी में आते हैं और फिर उन्हें सप्लाई कर दिया जाता है। 13 मार्च को 3500 किलो प्लास्टिक दाना भी कंपोटेंट बनाने के लिए दूसरी कंपनी को भेजा था।
रामपुर जिले में सड़क सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए प्रशासन ने सख्ती बढ़ा दी है। जिलाधिकारी अजय कुमार द्विवेदी के निर्देश पर चलाए गए रात्रिकालीन सघन चेकिंग अभियान में ओवरलोडिंग करते पाए गए 10 वाहनों पर कुल ₹1,74,750 का जुर्माना लगाया गया। यह विशेष अभियान देर रात जनपद के प्रमुख मार्गों, चौराहों और संवेदनशील स्थलों पर चलाया गया। सहायक संभागीय परिवहन अधिकारी (एआरटीओ) राजेश कुमार श्रीवास्तव के नेतृत्व में गठित टीमों ने वाहनों की गहन जांच की। जांच के दौरान वाहनों के परमिट, भार क्षमता, फिटनेस और अन्य आवश्यक दस्तावेजों की बारीकी से पड़ताल की गई। नियमों का उल्लंघन करते पाए गए वाहनों पर नियमानुसार तत्काल कार्रवाई की गई। अधिकारियों ने मौके पर ही जुर्माना वसूलते हुए स्पष्ट संदेश दिया कि यातायात नियमों के उल्लंघन को किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। प्रशासन ने यातायात नियमों के उल्लंघन पर 'जीरो टॉलरेंस' नीति लागू की है। एआरटीओ राजेश कुमार श्रीवास्तव ने बताया कि ओवरलोडिंग न केवल सड़क दुर्घटनाओं की आशंका को बढ़ाती है, बल्कि सड़कों की गुणवत्ता और संरचना को भी गंभीर नुकसान पहुंचाती है। इसलिए ऐसे अभियान सड़क सुरक्षा के लिए अत्यंत आवश्यक हैं। जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि इस तरह के प्रवर्तन अभियान लगातार और योजनाबद्ध तरीके से जारी रखे जाएं। इसका उद्देश्य जिले की यातायात व्यवस्था को सुरक्षित और व्यवस्थित बनाना है।प्रशासन ने आमजन और वाहन चालकों से अपील की है कि वे यातायात नियमों का कड़ाई से पालन करें और ओवरलोडिंग जैसी अवैध गतिविधियों से दूर रहें। नियम तोड़ने वालों के खिलाफ आगे भी इसी तरह सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।
श्रीराम कथा महोत्सव में उमड़ा जनसागर:बाल स्वरूप की लीलाओं का वर्णन सुन भावविभोर हुए श्रद्धालु
सदर नगर पालिका परिषद क्षेत्र के अवेद्यनाथ सभागार में चल रहे अमृतमयी श्रीराम कथा महोत्सव के चौथे दिन, 23 मार्च सोमवार को प्रभु श्रीराम के बाल स्वरूप की लीलाओं का भावपूर्ण वर्णन किया गया। इस दौरान पूरा सभागार भक्ति रस में डूब गया और श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ी। अयोध्या धाम से पधारे अंतरराष्ट्रीय कथावाचक संत गौरव कृष्ण शास्त्री ने अपनी मधुर वाणी से भगवान श्रीराम के बाल्यकाल की लीलाओं का सजीव चित्रण किया। उन्होंने बताया कि श्रीराम का बाल स्वरूप केवल आकर्षण का केंद्र नहीं, बल्कि मानव जीवन के लिए आदर्शों का भंडार है। शास्त्री जी ने कहा कि श्रीराम के बाल रूप में करुणा, निष्कपटता, सरलता और मर्यादा का अद्वितीय संगम है। यह हर व्यक्ति को जीवन में सच्चे मार्ग पर चलने की प्रेरणा देता है। उन्होंने बचपन से ही अपने आचरण से यह सिद्ध कर दिया था कि महानता उम्र से नहीं, बल्कि संस्कारों, अनुशासन और कर्तव्यनिष्ठा से तय होती है। कथावाचक ने विभिन्न प्रसंगों के माध्यम से समझाया कि कैसे बालक राम अपने माता-पिता के प्रति आदर, गुरुजनों के प्रति समर्पण और समाज के प्रति उत्तरदायित्व का पालन करते थे। उनके जीवन की प्रत्येक घटना मानव समाज को नैतिकता, संयम और कर्तव्यपालन का संदेश देती है। उन्होंने यह भी कहा कि वर्तमान समय में नैतिक मूल्यों के ह्रास को देखते हुए भगवान श्रीराम के आदर्श और भी अधिक प्रासंगिक हो जाते हैं।कथा के दौरान संगीतमय भजनों और मधुर कीर्तन ने पूरे वातावरण को भक्तिमय बना दिया। भजन गूंजते ही श्रद्धालु भावविभोर होकर झूम उठे और जय श्रीराम के जयकारों से पूरा सभागार गूंजने लगा। कई श्रद्धालु भक्ति में डूबकर भावुक हो गए और उनकी आंखों से आंसू छलक पड़े। पूरा वातावरण ऐसा प्रतीत हो रहा था मानो भक्त और भगवान के बीच की दूरी समाप्त हो गई हो। सभागार में महिलाओं, बुजुर्गों, युवाओं और बच्चों की भारी भीड़ उमड़ी रही। बैठने की जगह कम पड़ गई और कई श्रद्धालु खड़े होकर कथा का आनंद लेते रहे। आयोजन स्थल के बाहर तक श्रद्धालुओं की कतारें देखने को मिलीं, जो इस धार्मिक आयोजन के प्रति लोगों की गहरी आस्था और विश्वास को दर्शाती हैं। कार्यक्रम में अनुशासन और व्यवस्था भी सराहनीय रही। आयोजकों द्वारा श्रद्धालुओं के बैठने, पेयजल, प्रकाश और ध्वनि की उत्तम व्यवस्था की गई थी, जिससे सभी श्रद्धालु सहजता से कथा श्रवण कर सके। कथा के समापन पर भव्य आरती का आयोजन किया गया। दीपों की रोशनी, शंखनाद और भक्ति गीतों के बीच पूरा सभागार दिव्य आभा से आलोकित हो उठा। श्रद्धालुओं ने श्रद्धा और विश्वास के साथ प्रभु श्रीराम से अपने परिवार, समाज और देश की सुख-समृद्धि, शांति और कल्याण की कामना की। समापन के बाद भी श्रद्धालुओं में कथा का प्रभाव स्पष्ट रूप से देखने को मिला। लोग समूहों में कथा के प्रसंगों की चर्चा करते नजर आए और अपने जीवन में श्रीराम के आदर्शों को अपनाने का संकल्प लेते दिखे। यह श्रीराम कथा महोत्सव न केवल एक धार्मिक आयोजन बनकर सामने आया है, बल्कि समाज में नैतिक मूल्यों, सांस्कृतिक चेतना और आध्यात्मिक जागरूकता को सुदृढ़ करने का एक प्रभावी माध्यम भी बन रहा है। आने वाले दिनों में कथा के अन्य प्रसंगों को सुनने के लिए श्रद्धालुओं में विशेष उत्साह देखा जा रहा है, जिससे यह स्पष्ट है कि यह आयोजन जनमानस में गहरी आस्था और आध्यात्मिक ऊर्जा का संचार कर रहा है। इस भव्य आयोजन को सफल बनाने में संरक्षक संतोष श्रीवास्तव, अध्यक्ष शिवदत्त अग्रहरि, महामंत्री नीरज श्रीवास्तव, आयोजक शुभम श्रीवास्तव, सह संयोजक व सभासद संदीप जायसवाल, राघवेंद्र यादव, रमेश गुप्त, अजय कसौंधन, अनिल सिंह, रजनीश उपाध्याय, पप्पू चौबे, सुनील त्रिपाठी, राकेश त्रिपाठी, नवीन श्रीवास्तव, अनिल वर्मा, सुनील श्रीवास्तव, डॉ. अभय शुक्ला, श्रीश श्रीवास्तव, पंकज पासवान, देव अग्रहरि, डॉ. सीमा मिश्रा, आशा उपाध्याय, श्रीमती सोनू कसौंधन, साधना श्रीवास्तव, सुधा त्रिपाठी, सीमा श्रीवास्तव सहित अनेक कार्यकर्ताओं की सक्रिय भागीदारी और समर्पण सराहनीय रहा।
संभल में मंगलवार सुबह न्यूनतम तापमान 16 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) 170 रहा। बीते दिनों हुई बेमौसम बारिश के बाद मौसम विभाग ने आज भी बादल छाए रहने का अलर्ट जारी किया है। इस बारिश से खेतों में खड़ी गेहूं की फसल गिर गई है, जिससे किसानों को भारी नुकसान हुआ है। मंगलवार सुबह 8 बजे संभल का तापमान 20 डिग्री सेल्सियस था, जो दिन में अधिकतम 31 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच सकता है। यह पिछले एक महीने के औसत तापमान से 5 डिग्री सेल्सियस कम है। हफ्ते में तीन बार हुई बारिश और तेज हवाओं के कारण सुबह-शाम ठंडक महसूस की जा रही है। बदलते मौसम का असर आम जनजीवन पर पड़ा है। सुबह खेतों में काम करने वाले किसान और दोपहिया वाहन चालकों को विशेष परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। सरकारी और निजी अस्पतालों में खांसी, जुकाम और बुखार के मरीजों की संख्या में वृद्धि हुई है। बेमौसम बारिश ने किसानों की चिंता बढ़ा दी है। यदि बारिश न होती तो गेहूं की तैयार फसल दो-तीन दिनों में कट जाती और किसानों को अच्छा लाभ मिलता। बारिश के कारण गेहूं की 50-60 प्रतिशत फसल खराब हो गई है। इसके अलावा, सरसों की बची हुई 80 प्रतिशत और आलू की 20 प्रतिशत फसल को भी नुकसान पहुंचा है। एक किसान ने बताया कि जहां ढाई क्विंटल गेहूं निकलने की उम्मीद थी, वहां अब केवल एक क्विंटल ही निकल पाएगा। चंदौसी जंक्शन से लखनऊ जाने वाली सभी ट्रेनें और बरेली-अलीगढ़ पैसेंजर ट्रेन अपने निर्धारित समय पर चल रही हैं। हालांकि, मौसम बदलने के बाद रोडवेज बसों में यात्रियों की संख्या में कमी आई है। स्थानीय निवासी रेहान ने कहा कि मौसम बदलने से तरह-तरह की बीमारियों के फैलने का डर है, क्योंकि सुबह-शाम ठंड और दिन में गर्मी महसूस होती है। व्यापारी नितिन गुप्ता ने बताया कि बदलते मौसम का असर बच्चों और बुजुर्गों पर अधिक दिख रहा है, हालांकि त्योहारों के कारण बाजारों में भीड़ है।
शामली बिजली घर पर उपभोक्ताओं का हंगामा:बिल जमा करने के बाद भी आपूर्ति बहाल नहीं होने का आरोप
शामली के सदर कोतवाली क्षेत्र स्थित सिटी बिजली घर पर देर शाम बड़ी संख्या में उपभोक्ताओं ने हंगामा किया। उपभोक्ताओं का आरोप है कि बिजली बिल जमा करने के बावजूद उनके घरों की बिजली आपूर्ति बहाल नहीं की गई है। प्रदर्शनकारी उपभोक्ताओं ने बताया कि उन्होंने 3500, 4000 और 5700 रुपये सहित विभिन्न राशियों के बिलों का भुगतान किया था। इसके बावजूद उनके घरों में बिजली नहीं आई, जिससे उन्हें भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। उपभोक्ताओं ने बिजली घर पहुंचकर विभाग के खिलाफ विरोध प्रदर्शन किया और जमकर नारेबाजी की। एक उपभोक्ता शुभम ने जानकारी दी कि उन्होंने अपना बिजली बिल जमा कर दिया था, लेकिन उनके घर की बिजली आपूर्ति अभी तक बहाल नहीं हुई है। इस संबंध में बिजली विभाग के अधिकारियों से बात करने पर उन्हें सर्वर डाउन होने की जानकारी दी गई और जल्द बिजली आपूर्ति बहाल करने का आश्वासन मिला। उपभोक्ताओं ने आरोप लगाया कि बार-बार बिजली घर के चक्कर लगाने के बावजूद उनकी समस्या का समाधान नहीं हो रहा है। उन्होंने विभागीय लापरवाही को आम जनता की परेशानी का मुख्य कारण बताया। हंगामे की सूचना पर स्थानीय पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति को नियंत्रित किया। सिटी एसडीओ ने बताया कि सर्वर डाउन होने के कारण यह समस्या आ रही है। उन्होंने स्पष्ट किया कि सर्वर अपडेट न होने की वजह से उपभोक्ताओं को यह परेशानी हो रही है।
CM भजनलाल शर्मा मंगलवार को बाड़मेर और बालोतरा दौरे पर रहेंगे। बाड़मेर में उतरलाई एयरपोर्ट आएंगे। यहां से बालोतरा जिले के मठ कनाना 12 बजे पहुंचेगे। वहां पर श्री ललिता महायज्ञ एवं मां सरस्वती माता मंदिर प्राण-प्रतिष्ठा महोत्सव में शामिल होंगे। फिर वहां से हैलीपेड से उतरलाई एयरपोर्ट पहुंचेगे। दरअसल, तीन दिवसीय श्री ललिता सहस्त्र कुंडी महायज्ञ का मंगलवार यानि आज समापन होगा। आज मां सरस्वती की प्राण-प्रतिष्ठा श्री मठ कनाना में की जाएगी। साथ ही विराट संत सम्मलेन का आयोजन होगा। महायज्ञ की पूर्णाहूति के अवसर पर राजस्थान के सीएम भजनलाल शर्मा भी शामिल होगें। सोमवार को 1008 कुंडात्मक श्री ललिता सहस्त्र कुंडी महायज्ञ में स्वामी अवधेशानंद गिरी महाराज कनाना पहुंचे। इस अवसर पर उपस्थित साधु संतो ने उनका पारंपरिक विधि से अभिवादन एवं सम्मान किया। सीएम भजनलाल शर्मा मंगलवार 10.20 बजे जयपुर एयरपोर्ट से स्पेशल विमान से रवाना होंगे। 11:20 बजे उतरलाई एयरपोर्ट बाड़मेर पहुंचेगे। 5 मिनट बाद वहां से हैलीकॉप्टर से मठ कनाना 11:55 बजे पहुंचेगे। 12 बजे प्राण-प्रतिष्ठा में शामिल होंगे। वहां से दोपहर 1 बजे हैलीपेड, मठ कनाना से रवाना होकर उतरलाई एयरपोर्ट पहुंचेगे। 1:30 बजे बाड़मेर एयरपोर्ट से जयपुर के लिए रवाना होंगे।
चंदौली जिले में एक अधिवक्ता पर जानलेवा हमला कर जान से मारने की धमकी देने का मामला सामने आया है। अधिवक्ता मुरलीधर ने आरोप लगाया है कि मुकदमे की पैरवी छोड़ने के लिए विपक्षी पक्ष ने उन पर हमला किया और गाली-गलौज की। इस मामले में पुलिस पर अभी तक कोई ठोस कार्रवाई न करने का आरोप है। अधिवक्ता मुरलीधर अलीनगर थाना क्षेत्र के अमोधपुर निवासी हैं और पीडीडीयू नगर (मुगलसराय) तहसील में वकालत करते हैं। वह अपने मुवक्किल रविशंकर के लिए एक राजस्व संबंधी मुकदमे की पैरवी कर रहे हैं। इस मामले में विपक्षी प्रदीप कुमार और उनके परिजन लगातार उन पर मुकदमा वापस लेने का दबाव बना रहे थे। पीड़ित अधिवक्ता के अनुसार, यह घटना 12 जुलाई 2025 को सुबह करीब 11:30 बजे हुई। जब वह मुगलसराय बाजार से अपने घर लौट रहे थे, तभी लोको अस्पताल के पास विपक्षी प्रदीप कुमार ने अपने साथियों के साथ उन्हें रोका। आरोपियों ने अधिवक्ता के साथ मारपीट की, गाली-गलौज की और जान से मारने की धमकी दी। मौके पर मौजूद एटीएम गार्ड और स्थानीय लोगों के हस्तक्षेप से उनकी जान बची। अधिवक्ता मुरलीधर ने बताया कि मारपीट में उन्हें गंभीर अंदरूनी चोटें आई हैं। उन्होंने घटना के बाद अलीनगर थाने में शिकायत दर्ज कराई थी। हालांकि, उनका आरोप है कि विपक्षी के प्रभाव के कारण पुलिस ने अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की है। पीड़ित अधिवक्ता ने आशंका जताई है कि आरोपी उन पर दोबारा हमला करने की योजना बना रहे हैं और उनके कचहरी आने-जाने पर नजर रख रहे हैं। उन्होंने अपनी जान-माल को गंभीर खतरा बताया है। इस मामले में अधिवक्ता ने जिलाधिकारी और अन्य उच्च अधिकारियों को प्रार्थना पत्र देकर अपनी सुरक्षा सुनिश्चित करने और आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर सख्त कार्रवाई की मांग की है। अलीनगर थानाध्यक्ष अनिल पाण्डेय ने बताया कि अधिवक्ता की तहरीर मिली है और जाँच करके कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने यह भी बताया कि इस मामले में एक जाँच टीम गठित की गई है।
नर्मदापुरम जिले के सोहागपुर में सोमवार को 16 साल की किशोरी के अपहरण का मामला सामने आया है। बॉयफ्रेंड ने अपने 4 दोस्तों के साथ मिलकर मेन मार्केट से किशोरी को लाल रंग की स्विफ्ट कार में अगवा किया और पुलिस को भटकाने के लिए माखननगर में कार बदल ली। घटना की जानकारी मिलते ही सोहागपुर पुलिस ने डायल 112 की सूचना पर माखननगर और बकतरा पुलिस की मदद से घेराबंदी कर 4 घंटे के भीतर मुख्य आरोपी सहित 5 लोगों को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने अपहरण में इस्तेमाल स्विफ्ट और क्रेटा कार जब्त कर किशोरी को सुरक्षित परिजनों के सुपुर्द कर दिया है। भाई ने पीछा कर नोट किया नंबर, पिता ने डायल 112 को बताया पुलिस के मुताबिक, सोमवार को सोहागपुर मेन मार्केट की गली से आरोपी हमजा खान, रिजवान खान और जाहिद खान ने 16 वर्षीय किशोरी को लाल रंग की स्विफ्ट कार (MP 04 ZR 8590) में बैठाया और बाबई की तरफ भाग निकले। इस पूरे घटनाक्रम को किशोरी के भाई ने देख लिया था। भाई ने कार का पीछा कर उसका नंबर नोट किया और तत्काल अपने पिता को जानकारी दी। इसके बाद पिता ने डायल 112 पर कॉल कर पुलिस को बेटी के अपहरण की सूचना दी। थाना प्रभारी ऊषा मरावी ने घटना को गंभीरता से लेते हुए एसडीओपी संजू चौहान को अवगत कराया और उनके निर्देश पर कार्रवाई शुरू की। पुलिस को भटकाने माखननगर में बदली कार पुलिस ने तत्काल माखननगर पुलिस से संपर्क कर घेराबंदी शुरू की। पुलिस से बचने और उन्हें भटकाने के लिए आरोपियों ने माखननगर में रिजवान और जाहिद की स्विफ्ट कार से किशोरी और मुख्य आरोपी हमजा को उतार दिया। इसके बाद हमजा के दोस्त सलमान और संजू (संजीव) सफेद रंग की क्रेटा कार (MP 04 EV 5219) से किशोरी और हमजा को लेकर वापस सोहागपुर की फॉरेस्ट कॉलोनी आ गए। वहीं, पहली कार (स्विफ्ट) को रिजवान और जाहिद नसीराबाद होते हुए बकतरा की तरफ ले गए ताकि पुलिस उसी कार को ढूंढती रहे। बकतरा में पकड़ी गई स्विफ्ट, पूछताछ में खुला राज कार का पीछा कर रही पुलिस ने बाड़ी और बकतरा थाने से संपर्क कर जानकारी साझा की। बकतरा पुलिस की मदद से स्विफ्ट कार को पकड़ लिया गया, लेकिन उसमें किशोरी नहीं मिली। पुलिस ने जब कार में मौजूद साथियों से पूछताछ की, तो उन्होंने किशोरी को दूसरी कार से वापस सोहागपुर ले जाने की बात कबूल कर ली। इसके बाद पुलिस ने सभी पांचों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया और किशोरी को परिजनों को सौंप दिया। अपहरण के ये 5 आरोपी हुए गिरफ्तार पुलिस ने इस मामले में मुख्य आरोपी हमजा खान (निवासी बाड़ी) सहित उसके चार साथियों रिजवान खान (निवासी सोहागपुर), सलमान खान उर्फ फैजल खान (निवासी पिजारा मोहल्ला, माखननगर), जाहिद खान (निवासी बजीरगंज कॉलोनी बाड़ी, रायसेन) और संजीव मीना (निवासी जमुनिया, थाना माखननगर) को गिरफ्तार किया है। इस पूरी कार्रवाई में निरीक्षक ऊषा मरावी, एसआई मेघा उदेनिया, प्रधान आरक्षक नरेन्द्र पटेल, आरक्षक दिनेश धुर्वे, एएसआई गणेश राय, सुनील ओझा, विवेक सोनपुरे और राजकुमार की मुख्य भूमिका रही।
राजधानी रायपुर में बन रहा स्काई वॉक प्रोजेक्ट तय समय सीमा के बाद भी अधूरा पड़ा है। करीब 8 महीने में पूरा होने का दावा किया गया था, लेकिन 10 महीने बीतने के बाद भी निर्माण कार्य पूरा नहीं हो सका है। स्थिति यह है कि स्काई वॉक के कई हिस्सों में सिर्फ पिलर और ढांचा खड़ा है, जबकि ऊपर की संरचना और कनेक्टिविटी का काम अभी भी अधूरा है। निर्माण की धीमी रफ्तार से लोगों में नाराजगी बढ़ रही है। जानकारी के मुताबिक ट्रैफिक के दबाव को देखते हुए दिन में निर्माण कार्य रोक दिया जाता है और रात 10 बजे के बाद काम किया जाता है। हालांकि, इस व्यवस्था के बावजूद काम की गति काफी धीमी बनी हुई है। कहां-कहां से जुड़ेगा स्काई वॉक यह स्काई वॉक डीकेएस अस्पताल से अंबेडकर अस्पताल तक प्रस्तावित है। बीच में कलेक्ट्रेट, शास्त्री चौक, तहसील कार्यालय जैसे प्रमुख स्थानों को जोड़ने की योजना है, ताकि लोगों को सड़क पार करने में सुविधा मिले और ट्रैफिक का दबाव कम हो सके। ट्रैफिक और पार्किंग की भी योजना प्रोजेक्ट के तहत सड़क पर आने वाले वाहनों को मल्टीलेवल पार्किंग की ओर डायवर्ट करने की योजना है। साथ ही स्काई वॉक के जरिए लोग सीधे सरकारी दफ्तरों और अस्पतालों तक पैदल पहुंच सकेंगे। अफसरों का दावा- जल्द होगा पूरा अधिकारियों का कहना है कि ट्रैफिक और अन्य तकनीकी कारणों से काम में देरी हुई है। हालांकि अब निर्माण कार्य को तेज किया जा रहा है और जल्द ही इसे पूरा करने का दावा किया जा रहा है। फिलहाल, तय समय सीमा के बाद भी अधूरा पड़ा यह प्रोजेक्ट शहर की प्लानिंग और काम की रफ्तार पर सवाल खड़े कर रहा है।
आजमगढ़ जिले के शहर कोतवाली में बिजली विभाग की टीम के साथ गाली-गलौज और जान से मारने की धमकी देने के मामले में शहर कोतवाली में मुकदमा दर्ज हुआ है। इस मामले में पीड़ित उपेंद्रनाथ चौरसिया विद्युत वितरण खंड द्वितीय ने पुलिस को शिकायती पत्र देकर आरोप लगाया कि शासन के निर्देश पर लगातार चेकिंग अभियान चलाया जा रहा है। इस चेकिंग के दौरान जब टीम करतारपुर के देव पर में पहुंची थी। इसी दौरान विजय नारायण तिवारी के घर हम लोग पहुंचे थे। और वहां बिजली के मीटर की जांच कर रहे थे। इसी दौरान वह लोग नाराज होकर मां बहन की गालियां देने के साथ अवर अभियंता दिलीप कुमार को जाति सूचक शब्दों के साथ गालियां दी। इसके साथी असलहा निकालकर धमकी भी देने वालों की यहां से भाग जाओ नहीं तो यही जमीन में गाड़ देंगे। आरोपियों की इस हरकत के विरोध में पीड़ित ने शहर कोतवाली पुलिस को शिकायती पत्र देकर मुकदमा दर्ज कराया है। दर्ज हुआ मुकदमा जांच में जुटी पुलिस इस मामले में पीड़ित की तहरीर पर कर कोतवाली में सरकारी काम में बाधा डालने के मामले में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। पुलिस मामले की छानबीन में जुटी हुई। जिले में बिजली विभाग की टीम के साथ गाली गलौज किए जाने का या कोई पहला मामला नहीं है। इससे पूर्व भी निजामाबाद थाना क्षेत्र में इस तरह की घटना हो चुकी है।
बुरहानपुर के ग्राम धामनगांव में आयोजित मां वाघेश्वरी ग्रामोदय मेले के दौरान सोमवार रात कांटा कुश्ती दंगल का आयोजन किया गया। इस दंगल में देश के अलग-अलग राज्यों से आए पहलवानों ने अखाड़े में उतरकर अपने दांव-पेच और ताकत का शानदार प्रदर्शन किया। दर्शकों से खचाखच भरा मैदान हर मुकाबले के दौरान तालियों की गड़गड़ाहट और जयकारों से पूरा माहौल गूंजता रहा, जिससे कार्यक्रम में लगातार उत्साह बना रहा। महिला पहलवानों ने जीता दिल इस दंगल की सबसे खास बात महिला पहलवानों की भागीदारी रही। महिला पहलवानों ने अखाड़े में उतरकर आत्मविश्वास, साहस और बेहतरीन कौशल का प्रदर्शन किया, जिसे दर्शकों ने खूब सराहा। बालिका वर्ग में खंडवा की अर्शिया पहलवान ने शानदार प्रदर्शन करते हुए विजेता का खिताब अपने नाम किया। उनकी तकनीक, संतुलन और आक्रामकता ने उन्हें अन्य प्रतिभागियों से अलग पहचान दिलाई। अर्चना चिटनिस रहीं मुख्य अतिथि कार्यक्रम में विधायक और पूर्व कैबिनेट मंत्री अर्चना चिटनिस विशेष रूप से मौजूद रहीं। उन्होंने दंगल का अवलोकन किया और पहलवानों का उत्साहवर्धन किया। अर्चना चिटनिस ने कहा कि कुश्ती भारतीय संस्कृति और परंपरा का अभिन्न हिस्सा है। ऐसे आयोजनों से इस पारंपरिक खेल को नई ऊर्जा मिलती है और युवा पीढ़ी को खेलों की ओर आगे बढ़ने की प्रेरणा मिलती है। महिला खिलाड़ियों की सराहना उन्होंने विशेष रूप से महिला पहलवानों की तारीफ करते हुए कहा कि उनका प्रदर्शन समाज में सकारात्मक बदलाव का संदेश देता है। यह बेटियों को आगे बढ़ने और खेलों में अपना भविष्य बनाने के लिए प्रेरित करता है। पुरुष वर्ग में भी कई रोमांचक मुकाबले देखने को मिले। इंदौर के यशपाल पहलवान और बुरहानपुर के रेहान पहलवान के बीच हुआ मुकाबला बेहद कांटे का रहा, जो अंत में बराबरी पर समाप्त हुआ। 120 से अधिक पहलवानों ने लिया भाग इस दंगल में बुरहानपुर, इंदौर, सीहोर, खंडवा, उज्जैन, भुसावल और जलगांव सहित मध्यप्रदेश और महाराष्ट्र के कई क्षेत्रों से 120 से अधिक पहलवानों ने भाग लिया। यह आयोजन स्थानीय ही नहीं, बल्कि क्षेत्रीय स्तर पर भी आकर्षण का केंद्र बना रहा। ग्रामीणों में दिखा जबरदस्त उत्साह दूर-दराज के गांवों से बड़ी संख्या में ग्रामीण दंगल देखने पहुंचे। मैदान में भारी भीड़ उमड़ी और हर कोई अपने पसंदीदा पहलवान का समर्थन करते हुए नजर आया। अंत में विजेता और उपविजेता पहलवानों को पुरस्कृत किया गया।
जयपुर शहर में मूलभूत सुविधाओं से जुड़ी समस्याएं अलग-अलग क्षेत्रों में लोगों के लिए परेशानी का कारण बनी हुई हैं। कहीं अधूरा सीवर कार्य जलभराव की वजह बन रहा है तो कहीं सड़क निर्माण बीच में ही छोड़ देने से लोगों को आवागमन में दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। वहीं जाम नालियां और पुराने पेड़ भी लोगों के लिए खतरा बनते जा रहे हैं। नागरिकों ने इन समस्याओं को भास्कर समाधान सेगमेंट के जरिए उठाया। शिकायत सामने आने के बाद संबंधित विभागों तक मामला पहुंचा और कुछ स्थानों पर कार्रवाई कर राहत भी दिलाई गई। ऐसी ही आमजन से जुड़ी जनसमस्या और शहर की जमीनी हकीकत को पोस्ट करने के लिए यहां क्लिक करें। पालीवाल विहार में अधूरा सीवर कार्य से परेशानी पालीवाल विहार निवासी नाजिम ने पोस्ट कर बताया कि उनके क्षेत्र में पानी की गंभीर समस्या बनी हुई है। सीवर लाइन का काम अधूरा होने के कारण गंदा पानी सड़क पर भर जाता है, जिससे लोगों को काफी दिक्कतें होती हैं। पंचवटी के पास अधूरी सड़क से बढ़ी मुश्किल सांगानेर मालपुरा रोड से गोवर्धन चौधरी ने पोस्ट कर बताया कि गोशाला रोड, पंचवटी के पास सड़क निर्माण कार्य बीच में ही छोड़ दिया गया है। अधूरी सड़क के कारण लोगों को रोजाना आवाजाही में परेशानी झेलनी पड़ रही है। जय अंबे नगर में पुराना पेड़ बना खतरा जय अंबे नगर से सर्वेश्वर तिवाड़ी ने पोस्ट कर बताया कि उनके घर के पास करीब 28 साल पुराना पेड़ है, जो कभी भी गिर सकता है। इससे आसपास रहने वाले लोगों में हादसे का डर बना हुआ है। करतारपुरा फाटक पर जाम नाली से जलभराव करतारपुरा फाटक से अनिल शर्मा ने शिकायत की कि नाली जाम होने के कारण गंदा पानी सड़क पर बह रहा है। इससे राहगीरों और वाहन चालकों को आने-जाने में परेशानी हो रही है। रामगंज में सीवर ओवरफ्लो की समस्या दूर रामगंज से जितेंद्र पंडित ने पोस्ट किया था कि वार्ड-79 में सीवर लाइन ओवरफ्लो हो रही थी, जिससे सड़क पर पानी भर गया था। मामला सामने आने के बाद टीम को मौके पर भेजकर सीवर लाइन को दुरुस्त किया गया और पानी निकासी सुनिश्चित की गई। हरिजन बस्ती में कचरा हटाकर मिली राहत हरिजन बस्ती से मोहित डागोरिया ने बताया था कि उनकी कॉलोनी में काफी समय से कचरा जमा था। शिकायत के बाद सफाई टीम ने मौके पर पहुंचकर कचरा उठवाया और क्षेत्र में सफाई करवाई, जिससे लोगों को गंदगी से राहत मिली। भगवान पचेड़वाल बने आज के ‘पब्लिक के स्टार’ शहर में सफाई और सीवर से जुड़ी समस्याओं के समाधान में भगवान पचेड़वाल ने सक्रिय भूमिका निभाई। शिकायत सामने आने के बाद उन्होंने संबंधित टीम को मौके पर भेजकर कार्रवाई सुनिश्चित करवाई। इसके बाद कचरा हटाने और सीवर लाइन दुरुस्त करने का कार्य किया गया, जिससे क्षेत्रवासियों को राहत मिली। पब्लिक की आवाज बन रहा “भास्कर समाधान” ‘भास्कर समाधान’ सेगमेंट देशभर में इकलौता ऐसा डिजिटल प्लेटफॉर्म है, जहां शहरवासी सीधे अपने इलाके से जुड़े सिविक इश्यू खुद पोस्ट कर सकते हैं। ये सेगमेंट जनता को अपने गली-मोहल्ले की परेशानियां सामने रखने के लिए मदद कर रहा है। लोगों से मिले शानदार रिस्पॉन्स के बाद अब इसे और अधिक प्रभावी, सरल और यूजर-फ्रेंडली बनाया गया है। अधिकारियों को सीधे मिल रही समस्याएं दैनिक भास्कर के इस सेगमेंट में अधिकारी भी अपना एक्शन बता सकेंगे। शिकायत जिस विभाग से संबंधित है, वह अब सीधे उसके अधिकारियों तक पहुंचेगी। इसके बाद अधिकारी उस लोकेशन को मैप पर देख सकेंगे। यदि उन्होंने समाधान कर दिया है तो शिकायतकर्ता को इसकी जानकारी एप के जरिए ही दे सकेंगे या बता सकेंगे कि अभी काम जारी है। अधिकारी चाहेंगे तो जिस यूजर ने शिकायत की है, उसे भी कॉल कर सकेंगे। भास्कर एप से समस्याओं के समाधान की ये खबरें भी पढ़िए… 1.पांच बत्ती में दिन में भी जलती रहीं स्ट्रीट लाइट:घाटगेट में जाम सीवर से सड़क पर बहा गंदा पानी; शिकायत के बाद झोटवाड़ा और सूरज नगर में सीवर लाइन दुरुस्त 2.हरमाड़ा में अधूरी सड़क से बढ़ी परेशानी:बनी-पार्क में लगा कचरे का ढ़ेर, भास्कर समाधान पर उठी आवाज, विजय बने 'पब्लिक के स्टार' 3.जयपुर में कचरा, सड़क और स्ट्रीट लाइट की समस्याएं:पाइपलाइन की दुरुस्त, मनोज मुद्गल बने आज के ‘पब्लिक के स्टार’ 4.भास्कर समाधान में उठी ट्रैफिक, सीवर और लाइट की समस्याएं:दो जगह कचरा और नाले का हुआ समाधान, मनोज मुद्गल बने आज के ‘पब्लिक के स्टार' 5.सांगानेर में गंदी नालियों से जनता परेशान:भट्ठा बस्ती में सड़क जर्जर, सफाई कराकर विजय लोट बने ‘पब्लिक के स्टार’ 6.सेठी कॉलोनी में सीवर की समस्या:पानीपेच की इंद्रा कॉलोनी में कचरे का ढेर, मनीष कुमार बने ‘पब्लिक के स्टार’ 7.जयपुर में जनता सीवरेज, कचरे से परेशान:भास्कर समाधान के जरिए डेढ़ साल से टूटी सड़क बनी, संजीव वर्मा बने आज के पब्लिक के स्टार 8.कचरे के ढेर और सीवर लीकेज से जनता परेशान:भास्कर समाधान पर पोस्ट के बाद स्ट्रीट लाइट ठीक, रूपाराम बने आज के 'पब्लिक के स्टार' 9.जयपुर के पार्क में गंदगी, सड़क पर बहता गंदा पानी:भास्कर समाधान पर शिकायत के बाद ठीक हुई समस्याएं, पंकज मीणा बने आज के ‘पब्लिक के स्टार’ 10.सड़क, बिजली और सीवर समस्याओं से जूझ रही जनता:भास्कर समाधान से मिली राहत, लेखराज डाबोडिया बने पब्लिक के स्टार
छत्तीसगढ़ के अंबिकापुर से दिल्ली के लिए हवाई सेवा 30 मार्च से शुरू होगी। एलायंस एयर मां महामाया एयरपोर्ट से हफ्ते में 2 दिन सोमवार और बुधवार को फ्लाइट चलाएगी। यह उड़ान बिलासपुर होते हुए दिल्ली पहुंचेगी। एलाएंस एयर ने अपने वेबसाइट पर इसकी बुकिंग भी शुरू कर दी है। एलायंस एयर ने शुरू की जा रही फ्लाइट का शेड्यूल भी जारी कर दिया गया है। 30 मार्च को अंबिकापुर के मां महामाया एयरपोर्ट से शुभारंभ फ्लाइट दोपहर 12 बजे रवाना होगी, जो 2:30 बजे दिल्ली पहुंचेगी। एलायंस एयर 72 सीटर ATR विमान का संचालन करेगी। सप्ताह में दो दिन सोमवार और बुधवार को चलेगी। वहीं बिलासपुर के लिए शुक्रवार को भी फ्लाइट सेवा मिलेगी। एलाएंस एयर की ओरे से 30 मार्च से ही बिलासपुर-दिल्ली फ्लाइट के शेड्यूल में बदलाव किया गया है। पहले यह सेवा मंगलवार, बुधवार और गुरुवार को चलती थी। 8 महीने बाद से बंद है हवाई सेवा अंबिकापुर के मां महामाया एयरपोर्ट से दिसंबर 2024 में हवाई सेवा की शुरुआत हुई थी। उड़ान 4.2 योजना के तहत फ्लाई बिग कंपनी ने मां महामाया एयरपोर्ट दरिमा से रायपुर और बिलासपुर के लिए 19 सीटर विमान सेवा शुरू की थी। शुरुआती दिनों में अनियमित उड़ान के कारण यह सेवा केवल छह महीने तक ही चल सकी। पिछले 6 महीने से अधिक समय से इसका संचालन पूरी तरह बंद है। 6000 तक हो सकता है किराया 2 साल पहले एलायंस एयर ने अंबिकापुर और बिलासपुर एयरपोर्ट का निरीक्षण किया था। एलायंस एयर ने अपनी वेबसाइट में अंबिकापुर एयरपोर्ट का नाम जोड़ दिया है और फ्लाइट सर्च भी हो रही है। हालांकि अभी किराया घोषित नहीं किया गया है। माना जा रहा है कि बेस फेयर 6000 रुपए से शुरू हो सकता है। बिलासपुर-दिल्ली मार्ग पर सामान्यतः बेस फेयर 4000 रुपए से अधिक रहता है, जिसमें बुकिंग नियमों के अनुसार किराया कम-ज्यादा होता रहता है। एलायंस एयर ने सोमवार एवं बुधवार को बिलासपुर से चलने वाली नान स्टाप फ्लाइट को भी री-शेड्यूल किया है। जानिए एलायंस एयर के बारे में एलायंस एयर देश की प्रमुख घरेलू विमानन कंपनियों में से एक है। पहले यह एयर इंडिया के स्वामित्व में थी। एयर इंडिया के विनिवेश के बाद यह भारत सरकार की स्वतंत्र व्यावसायिक इकाई के रूप में कार्य कर रही है। वर्तमान में एलायंस एयर प्रतिदिन 137 घरेलू उड़ानें संचालित करती है और 57 शहरों को जोड़ती है। कंपनी रायपुर से हैदराबाद और जगदलपुर के लिए भी हवाई सेवा दे रही है। ………………… इससे जुड़ी यह खबर भी पढ़िए… मार्च से अंबिकापुर-दिल्ली हवाई सेवा, बिलासपुर होगा स्टॉपेज: 4500-6000 किराया, एलायंस एयर की फ्लाइट सप्ताह में 2 दिन उड़ान भरेगी, शेड्यूल जारी छत्तीसगढ़ के अंबिकापुर से दिल्ली के लिए हवाई सेवा मार्च के आखिरी सप्ताह से शुरू होगी। एलायंस एयर मां महामाया एयरपोर्ट से हफ्ते में दो दिन सोमवार और बुधवार को फ्लाइट चलाएगी। यह उड़ान बिलासपुर होते हुए दिल्ली पहुंचेगी। 4500 से 6000 रुपए इसका फेयर हो सकता है। पढ़ें पूरी खबर…
मिस राजस्थान-2022 की विजेता तरुशी राय ने बड़ी सफलता हासिल की है। तरुशी ने सोमवार शाम को फेमिना मिस इंडिया राजस्थान-2026 का खिताब अपने नाम कर लिया है। इस उपलब्धि के साथ अब वह राष्ट्रीय स्तर पर होने वाली फेमिना मिस इंडिया प्रतियोगिता में राजस्थान का प्रतिनिधित्व करेंगी और मिस वर्ल्ड की दौड़ में शामिल होंगीं। मिस राजस्थान के आयोजक और तरुशी राय के मेंटर योगेश मिश्रा और निमिषा मिश्रा ने बताया कि फेमिना मिस इंडिया प्रतियोगिता का यह 61वां वर्ष है। राजस्थान से चयनित होकर तरुशी राय ने इस उपलब्धि के साथ एक नई मिसाल कायम की है। उन्होंने बताया कि फेमिना मिस इंडिया की विजेता अंतरराष्ट्रीय मंच मिस वर्ल्ड प्रतियोगिता में देश का प्रतिनिधित्व करती है। योगेश मिश्रा और निमिषा मिश्रा ने बताया कि पिछले साल भी मिस राजस्थान-2023 की विजेता वैष्णवी शर्मा ने फेमिना मिस इंडिया राजस्थान का खिताब जीता था। इस साल मिस राजस्थान संगठन ने लगातार दूसरी बार यह खिताब अपने नाम किया है। उन्होंने बताया कि 24 साल की तरुशी राय एक मॉडल होने के साथ-साथ इलेक्ट्रिकल एवं कंप्यूटर इंजीनियरिंग के क्षेत्र से भी जुड़ी हुई हैं। लगातार दूसरी बार मिस राजस्थान विजेता का फेमिना मिस इंडिया राजस्थान के लिए चयन होना संगठन के लिए गर्व की बात है। तरुशी राय ने बताया कि मिस इंडिया का ताज जीतना उनके जीवन का एक बड़ा सपना रहा है और इसके लिए वह लंबे समय से मेहनत कर रहीं हैं। उनका लक्ष्य राष्ट्रीय स्तर पर राजस्थान का नाम रोशन करना है। तरुशी राय जयपुर के वैशाली नगर क्षेत्र की निवासी हैं। उनके पिता प्रहलाद राय लोक निर्माण विभाग में कार्यरत हैं, जबकि उनकी माता ममता राय पेशे से मेकअप आर्टिस्ट हैं। मिस इंडिया राजस्थान-2026 बनने के बाद तरुशी राय अब राष्ट्रीय स्तर पर होने वाली प्रतियोगिता में राजस्थान का प्रतिनिधित्व करेंगी।
उत्तर प्रदेश आवास एवं विकास परिषद ने बकायेदार आवंटियों को राहत देते हुए एकमुश्त समाधान योजना (ओटीएस) का विस्तृत एक्शन प्लान जारी कर दिया है। सोमवार को अपर आवास आयुक्त की अध्यक्षता में हुई बैठक में योजना को तेजी से लागू करने और ज्यादा से ज्यादा लोगों तक पहुंचाने के निर्देश दिए गए। योजना के तहत डिफॉल्टर आवंटियों को ब्याज में बड़ी राहत मिलेगी। तय किया गया है कि 90 दिन तक किस्त जमा न करने वालों से केवल साधारण ब्याज ही लिया जाएगा, उन पर किसी तरह का दंडात्मक ब्याज नहीं लगाया जाएगा। इससे हजारों आवंटियों को बकाया चुकाने में सहूलियत मिलेगी। प्रोसेसिंग फीस तय, पुराने नियमों से होगी गणना ओटीएस में आवेदन के लिए संपत्ति की श्रेणी के हिसाब से 100 से 11 हजार रुपए तक प्रोसेसिंग फीस तय की गई है, जिसे एकमुश्त जमा करना होगा। जिन आवंटियों ने पहले किस्तों का पुनर्निर्धारण कराया है, उनके मामलों में बकाया की गणना मूल आवंटन की शर्तों के आधार पर ही की जाएगी। SMS-ईमेल से सूचना, हर जोन में हेल्प डेस्क योजना के प्रचार-प्रसार पर खास जोर दिया गया है। अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि सभी बकायेदारों की अपडेट सूची तैयार कर उन्हें एसएमएस और ईमेल के जरिए सूचना दी जाए। एक महीने तक अखबार, रेडियो और डिजिटल प्लेटफॉर्म पर जागरूकता अभियान चलाया जाएगा। साथ ही, प्रत्येक जोन में हेल्प डेस्क और सहायता केंद्र खोले जाएंगे, जहां आवंटी अपनी समस्याओं का समाधान करा सकेंगे। योजना की निगरानी के लिए उच्चस्तरीय मॉनिटरिंग कमेटी भी बनाई जाएगी।
बार बालाओं पर नोट उड़ाने वाला जेई निलंबित:लखीमपुर खीरी के रामलीला मेले का मामला, जांच के आदेश
लखीमपुर खीरी: सिंगाही कस्बे में आयोजित रामलीला मेले में बार बालाओं पर नोट उड़ाने का वीडियो वायरल होने के बाद बिजली विभाग के जूनियर इंजीनियर (जेई) रोहिताश शर्मा को निलंबित कर दिया गया है। यह कार्रवाई वीडियो सामने आने और आरोपों के बाद की गई है। रोहिताश शर्मा सिंगाही विद्युत उपकेंद्र पर तैनात थे। सोशल मीडिया पर प्रसारित हुए वीडियो में वह रामलीला मेले के दौरान डांसरों पर नोट उड़ाते हुए स्पष्ट रूप से दिखाई दे रहे हैं। इस वीडियो के सामने आने के बाद बिजली विभाग में हड़कंप मच गया था। जानकारी के अनुसार, यह वीडियो पिछले साल नवंबर में आयोजित रामलीला मेले का बताया जा रहा है। जेई रोहिताश शर्मा पर यह भी आरोप है कि उन्होंने मेले में डांस कार्यक्रम आयोजित करने वालों को बिना वैध कनेक्शन के मुफ्त बिजली उपलब्ध कराई थी। मामले का संज्ञान लेते हुए अधीक्षण अभियंता ब्रह्मपाल ने जेई रोहिताश शर्मा को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। उन्होंने इस पूरे प्रकरण की विस्तृत जांच के आदेश भी जारी किए हैं।
ललितपुर में युवक पर रेप का आरोप:न्यायालय ने सुनाई 20 साल व 23 हजार रुपए जुर्माना की सजा
ललितपुर में एक किशोरी के अपहरण और दुष्कर्म के मामले में अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश नवनीत कुमार भारती की अदालत ने आरोपी को दोषी ठहराया है। अदालत ने सोमवार को आरोपी को 20 वर्ष के कठोर कारावास और 23 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई। न्यायालय ने स्पष्ट किया कि जुर्माना अदा न करने पर दोषी को तीन माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा। यह मामला कोतवाली तालबेहट क्षेत्र का है। 27 जुलाई 2020 को एक युवक ने रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि उसकी बेटी कपड़े सिलवाने जा रही थी। उसी दौरान गांव का निवासी सोन सिंह उर्फ हल्के उसे बहला-फुसलाकर अपने साथ ले गया। खोजबीन के दौरान आरोपी ने फोन पर बताया कि वह लड़की को ले गया है और अगले दिन उसे छोड़ देगा। हालांकि, उसने किशोरी को वापस नहीं किया। पुलिस ने बाद में किशोरी को बरामद किया। उसके बयान और चिकित्सीय परीक्षण के आधार पर आरोपी के खिलाफ दुष्कर्म और पॉक्सो एक्ट की धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया। पुलिस ने मामले में आरोप पत्र न्यायालय में प्रस्तुत किया। सुनवाई के बाद अदालत ने आरोपी सोन सिंह उर्फ हल्के को दोषी मानते हुए दुष्कर्म के मामले में 20 वर्ष की सजा सुनाई। विशेष लोक अभियोजक नरेंद्र सिंह गौर ने बताया कि दुष्कर्म के मामले में सजा सुनाए जाने के कारण पॉक्सो एक्ट में अलग से सजा देना आवश्यक नहीं समझा गया।
जौनपुर के शीतला चौकियां धाम में नवरात्र के छठे दिन मंगलवार को मां शीतला की विशेष पूजा-अर्चना की गई। इस अवसर पर देवी का भव्य श्रृंगार किया गया और विभिन्न प्रकार के फल व मिठाइयों का भोग अर्पित किया गया। दर्शन-पूजन के लिए बड़ी संख्या में श्रद्धालु उमड़े। पूजा से पूर्व मां शीतला का लाल गुलाब, नीबू की माला और लाल चुनरी से श्रृंगार किया गया। देवी को लाल व सुनहरे वस्त्र पहनाए गए, साथ ही सोने-चांदी के आभूषणों से सुसज्जित किया गया। भोग में सीता फल, केला और बर्फी विशेष रूप से चढ़ाए गए। मंदिर के कपाट खुलने से पहले ही दर्शनार्थियों की लंबी कतारें लग गई थीं। श्रद्धालुओं ने हाथों में नारियल और चुनरी लेकर मां के दर्शन किए। माता के दिव्य स्वरूप के दर्शन के लिए बड़ी संख्या में भक्त पहुंचे। मंदिर के महंत विवेकानंद पंडा ने बताया कि उदया तिथि के अनुसार, नवरात्र की सप्तमी तिथि को कालरात्रि की पूजा करने से सुख-समृद्धि बनी रहती है। उन्होंने भक्तों को इस दिन के महत्व से अवगत कराया। पूरे मंदिर परिसर में भजन-कीर्तन और जयकारों की गूंज से भक्तिमय वातावरण बना रहा।
आयकर विभाग की इंटेलीजेंस एवं क्रिमिनल इंवेस्टीगेशंस शाखा ने आगरा, एत्मादपुर स्थित उप निबंधक कार्यालय में सर्वे किया। यहां बड़े पैमाने पर वित्तीय गड़बड़ियों की शिकायत मिली थी। लगभग 5 घंटे तक चली जांच में 750 करोड़ रुपये की हेराफेरी की संभावना जताई गई है। आयकर की टीम को कई रिकॉर्ड नहीं मिले हैं। दोपहर बाद जैसे ही आयकर विभाग की टीम ने उप निबंधक कार्यालय में प्रवेश किया, वहां उपस्थित स्टाफ घबरा गया। अफरातफरी की स्थिति हो गई। रजिस्ट्री कराने आए लोग दाएं बाएं होने का प्रयास करने लगे। उच्चाधिकारियों के चेहरे की रंगत भी उड़ने लगी। आयकर की टीम ने 5 घंटे के दौरान कई अहम जानकारियां जुटाईं। उप निबंधक कार्यालय के कर्मचारियों से सवाल-जवाब भी किए लेकिन कइयों के जवाब मिले ही नहीं। अधिकारी इस बात पर नाराज थे कि उप निबंधक कार्यालय ने जरूरी एसएफटी (स्पेशल फाइनेंशियल ट्रांजेक्शन) की रिपोर्टिंग विभाग को नहीं की। विभागीय टीम ने आशंका जताई कि रजिस्ट्री में आयकर के नियमों का पालन ही नहीं किया गया। 30 लाख के बैनामों की सूचना नहीं दीसंपत्ति की खरीद-बिक्री के 30 लाख से अधिक के बैनामों की सूचना आयकर विभाग को देनी होती है। मगर, आयकर को इसकी सूचना ही नहीं थी। साथ ही बैनामों में 20 हजार रुपये से अधिक का नकद लेन-देन नहीं किया जा सकता है। लेकिन उप निबंधक के कार्यालय में इसका पालन नहीं हुआ। नहीं पूरी की गईं औपचारिकताएं उप निबंधक के यहां जमीन के बैनामे के समय संपत्ति के मूल्य के अनुसार टीडीएस की देयता रहती है। पैन कार्ड का नंबर दर्ज कराना अनिवार्य रहता है। लेकिन बीती अवधि के बैनामों में ऐसी औपचारिकताओं को पूरा नहीं किया गया। आयकर की आसूचना एवं आपराधिक अन्वेषण इकाई इस लापरवाही को लेकर संबंधित पक्षों के खिलाफ कार्रवाई करने जा रही है। संबंधित पक्षों से पूरी जानकारी ली जा रही है।
‘मैं अपनी दोस्त के साथ क्लास जा रही थी। तभी पटाखा चलने जैसी तेज आवाज आई। मैं पीछे घूमी तो देखा कि सूर्या भइया जमीन में गिरे हुए हैं। मैं उधर बढ़ी तो देखा मंजीत के हाथ में पिस्टल है। जिसे लोड कर रहा था। मैं पहुंची तो वह भाग गया। मैं सूर्या की तरफ आगे बढ़ी तो मंजीत दोबारा लौटा। फिर उसने तीन गोलियां और मारीं। हमने पूरी कोशिश की भैया को बचाने की। लेकिन मैं अकेली थी।’ ये कहना है वाराणसी के उदय प्रताप स्वायत्तशासी डिग्री कालेज की स्टूडेंट शिवांगी सिंह का। 20 मार्च को मंजीत जब सूर्य प्रताप सिंह की गोली मारकर हत्या कर रहा था, तब शिवांगी सामने खड़ीं थीं और उसे रोक रही थी। मगर मंजीत नहीं माना। सोमवार को सूर्य प्रताप सिंह उर्फ सूर्या को श्रद्धाजंलि देने के लिए स्टूडेंट्स ने कैंडल मार्च निकाला। इसका नेतृत्व शिवांगी ने किया। घटना के समय वह कहां थीं? वह सामने खड़े होकर क्या कह रहीं थीं? सूर्या को गोली मारने के बाद मंजीत कैसे भागा? कॉलेज प्रबंधन के लोग कहां थे? उन्होंने मदद की या नहीं? उन्होंने घटना के बारे में क्या-क्या बताया? पढ़िए रिपोर्ट… मंजीत ने धमकी दी, कहा- यहां से भागो वरना गोली मार दूंगा सोमवार को शिवांगी ने दैनिक भास्कर से बात की। उन्होंने बताया कि 20 मार्च को मैं रोज की तरह क्लास में थी। उसके बाद लाइब्रेरी गई। तभी मेरी एक दोस्त आ गई तो लाइब्रेरी में ही बैग छोड़कर मैं क्लास की तरफ सीढ़ियां चढ़कर जा रही थी। सूर्य भैया सीढ़ी के पास खड़े थे। मैं आगे बढ़ी थी कि एक तेज आवाज आई। मैं पीछे घूमी तो देखा कि सूर्या भइया नीचे फर्श पर पड़े थे। उनके सीने से खून निकल रहा था। वह दर्द से तड़प रहे थे। गोली मारने के बाद आरोपी मंजीत वहां से भाग गया। मैं दौड़कर सूर्या के पास पहुंची। तभी फिर से वहां मंजीत आ गया। उसने मुझसे कहा कि यहां से भाग जाओ, उसे बचाओगी तो मैं तुम्हें भी गोली मार दूंगा। मैं डर गई और पीछे आकर खड़ी हो गई। मेरे सामने ही सूर्या के ऊपर खड़े होकर मंजीत ने 3 गोलियां और मारीं। सूर्या के दोस्त पहुंचे तब मंजीत छत से कूदकर भागा जब सूर्या भाइया की जान चली गई। गोलियों की आवाज सुनकर सूर्या के दोस्त भी वहां आग गए। उन्होंने आरोपी मंजीत को दौड़ा लिया। आरोपी पहली मंजिल की छत से कूदकर भाग गया। मैं बार-बार मंजीत को रोक रही थी। मैं उससे कह रही थी कि मत मारो उसे। मर जाएगा। मगर वह नहीं माना। अगर वह गोलियां नहीं मारता तो मैं एंबुलेंस से सूर्या को अस्पताल लेकर जाती। तब शायद वह बच जाता है। मेरे दिमाग में यही चल रहा था कि कैसे मैं सूर्या को बचा लूं। शिवांगी ने कहा अगर हम डरेंगे तो कल हमारे लिए भी कोई डरेगा। कोई साथ खड़ा नहीं होगा। हम अगर सूर्या के लिए आवाज नहीं उठाएंगे तो कौन उठाएगा। कल को मेरे लिए भी कोई आवाज उठाने वाला नहीं है। तो इसीलिए मैं आगे गई। कोई प्रोफेसर नहीं आया, प्रिंसिपल ने नहीं दी अपनी कार शिवांगी ने बताया कि मंजीत के भागने के बाद कोई प्रोफेसर सूर्या को बचाने के लिए नहीं आया। सिर्फ पॉलिटिकल साइंस के प्रोफेसर आगे आए। वह चिल्लाते रहे कि इसे कोई अस्पताल लेकर चलो। मगर कोई आगे नहीं आया। जब छात्रों ने घायल सूर्या को अस्पताल पहुंचाने के लिए प्रिंसिपल से कार मांगी तो उन्होंने मना कर दिया। शिवांगी ने कहा कि मंजीत कॉलेज में पिस्टल लेकर कैसे आया? मैं यह समझ ही नहीं पा रही। यह कालेज प्रशासन की गलती है। अब जानिए पूरा मामला… 20 दिन बाद शुक्रवार को कॉलेज पहुंचा था छात्र छात्र सूर्य प्रताप सिंह 20 दिन बाद 20 मार्च को कॉलेज पहुंचे थे। सुबह करीब 11 बजे कॉलेज में बीएससी छात्र सूर्य प्रताप सिंह की बीए सेकेंड ईयर के छात्र मंजीत सिंह चौहान ने प्रिसिंपल और छात्रों के सामने गोली मारकर हत्या कर दी। हत्या के बाद आरोपी पिस्टल कूड़े के ढेर में फेंककर फरार हो गया। इस घटना का एक छात्र ने लाइव वारदात का वीडियो रिकॉर्ड कर लिया। हत्या के बाद मंजीत को लगा कि गेट से भागने पर उसे पकड़ लिया जाएगा, इससे बचने के लिए वह छत से कूद गया। करीब 12 फिट ऊंचाई से कूदने पर उसका एक पैर टूट गया। उसकी बाइक गेट पर खड़ी थी, लेकिन खुद को घिरता देखकर वह टूटे पैर से ही आगे एयरपोर्ट रोड की ओर भागा। एक ई-रिक्शा से लिफ्ट लेकर गिलट बाजार चौराहे पहुंचा और फिर फोन बंद कर लिया। इसके बाद सूनसान जगह पर पहुंचकर इलाज कराने का प्रयास किया। पैर टूटने के बाद वह शहर के बाहर भाग नहीं सका। वारदात के बाद गुस्साए छात्रों ने कॉलेज परिसर में हंगामा कर दिया। कैंपस के अंदर कुर्सियां तोड़ दीं थीं। करीब 4 घंटे बाद पुलिस ने कॉलेज का गेट खुलवाया। घेरा बनाकर कॉलेज के छात्रों और शिक्षकों को बाहर निकाला गया था। छात्रों के पथराव में तीन प्रोफेसर घायल हो गए थे। पुलिस ने लाठी फटकार कर प्रदर्शनकारी छात्रों को भगाया। इधर, मां-पिता अपने इकलौते बेटे की लाश देखकर बेहोश हो गए थे। 20 मार्च को मंजीत को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। 21 मार्च को उसे कोर्ट में पेश किया। पुलिसकर्मी उसे टांगकर कोर्ट रूम में ले गए। मंजीत को सीजेएम ने 14 दिन के लिए जेल भेज दिया है। हालांकि, मंजीत का साथ देने वाला उसका साथी अनुज सिंह अभी फरार है। अब सूर्य प्रताप सिंह के बारे में जानिए 21 साल का सूर्य प्रताप सिंह गाजीपुर जिले का रहने वाला था। 8वीं तक पढ़ाई उसने गाजीपुर से ही की। यूपी कॉलेज में वह 9वीं से पढ़ने आया था। तब से वह यहीं पढ़ाई कर रहा था। सूर्य प्रताप सिंह पढ़ने में बहुत होनहार था। यूपी कॉलेज से ही PCM से 12वीं की परीक्षा फर्स्ट डिवीजन से पास की थी। फिर यहीं BSC मैथ में एंट्रेंस परीक्षा पास कर एडमिशन लिया। साथी छात्रों ने बताया, सूर्य प्रताप सिंह बेहद मिलनसार था। वह खुद को पढ़ाई में व्यस्त रखता था। BSC के बाद वह यहीं से MSC मैथ्स से रिसर्च करना चाहता था। एकेडमिक में जाने का उसका सपना था। छात्र सूर्य प्रताप सिंह के पिता ऋषि देव सिंह लखनऊ में ट्रैवल एजेंसी के ड्राइवर हैं। उसकी मां किरण सिंह एक स्कूल में सहायिका के रूप में कार्यरत हैं। छात्र की दो बहनें हैं, एक की शादी हो चुकी है, जबकि दूसरी अविवाहित है। सूर्य प्रताप को 20 दिन पहले चेचक निकल आई थी, जिसके चलते वह कॉलेज नहीं आ रहा था। ठीक होने के बाद वह आज ही कॉलेज पहुंचा था। आरोपी मंजीत चौहान पर दर्ज है केस आरोपी छात्र मंजीत चौहान BA सेकेंड ईयर का छात्र है। मंजीत वाराणसी के ही चांदमारी का रहने वाला है। उस पर पहले भी शिवपुर थाने में 323 का मुकदमा दर्ज था, जबकि उसके साथी अनुज पर भी कई मुकदमे दर्ज हैं। बात-बात में मारपीट करने वाला मंजीत चौहान मनबढ़ प्रवृत्ति का है। सोशल मीडिया पर उसकी बैड बॉय की इमेज है। इंस्टाग्राम पर खुद को माफिया बताता है। मंजीत चौहान भोजूबीर, शिवपुर और बड़ा लालपुर जैसे लोकल थानों में भी चर्चित है। सोशल मीडियां पर 1818 गैंग चलाता है। उसने इंस्टाग्राम के बॉयो में लिखा है- आपका सम्मान तभी तक है, जब तक मेरे स्वाभिमान को ठेस न पहुंचे। जय मां भवानी।……………………….. ये खबर भी पढ़िए- BSC छात्र के हत्यारोपी को टांगकर कोर्ट ले गई पुलिस:काशी में दौड़ाया तो लड़खड़ाकर गिरा; एडीएम से भिड़े स्टूडेंट वाराणसी के यूपी कॉलेज में छात्र के हत्यारोपी को शनिवार शाम कड़ी सुरक्षा में कोर्ट में पेश किया गया। इस दौरान पुलिस को आशंका थी कि वकील और छात्र मंजीत की पिटाई कर सकते हैं। इसलिए पुलिस ने मंजीत को दौड़ाने की कोशिश की, लेकिन पैर टूटा होने की वजह से वह लड़खड़ा गया। इस पर पुलिसकर्मी उसे टांगकर कोर्ट रूम में ले गए। मंजीत को सीजेएम ने 14 दिन के लिए जेल भेज दिया है। पुलिस ने छात्र सूर्य प्रताप सिंह की हत्या करने वाले मंजीत को शुक्रवार को गिरफ्तार किया था। हालांकि, मंजीत का साथ देने वाला उसका साथी अनुज सिंह अभी फरार है। पढ़ें पूरी खबर
बालाघाट में चैत्र नवरात्र के अवसर पर मां आदिशक्ति की आराधना की जा रही है। इसी क्रम में नवरात्र की पंचमी पर मां त्रिपुर सुंदरी मंदिर में 351 दीपों से महाआरती का आयोजन किया गया। इस महाआरती में सैकड़ों की संख्या में भक्तों ने भाग लिया। भक्त अपने घरों से दीपक लेकर मंदिर पहुंचे थे, जिन्हें प्रज्वलित कर उन्होंने मां की आरती उतारी। मंदिर में भक्तों द्वारा मां के नाम पर 301 ज्योत प्रज्वलित की जा रही हैं। इन ज्योतों के साथ मां के कई स्वरूपों की पूजा-अर्चना की जा रही है। मंदिर समिति के प्रतिनिधि दामोदर नामदेव ने बताया कि प्रतिवर्ष शारदेय और चैत्र नवरात्र में पूरे नौ दिनों तक मातारानी और ज्योत कलश का पूजन होता है। उन्होंने बताया कि चैत्र नवरात्र की पंचमी पर महाआरती की परंपरा है। नामदेव ने यह भी बताया कि इस वर्ष चैत्र नवरात्र में कुल 301 ज्योत प्रज्वलित की गई हैं, जिनमें 51 घी की और 250 तेल की ज्योत शामिल हैं।
लखनऊ के बंथरा स्थित नीवां गांव में एक ही परिवार के तीन लोगों की आत्महत्या के मामले में अब बैंक कर्मियों की भूमिका सवालों के घेरे में आ गई है। मृतक रूपनारायण के बेटे कुलदीप ने आशियाना स्थित निजी बैंक के कर्मचारियों पर मानसिक उत्पीड़न और दबाव बनाने का आरोप लगाया है। कुलदीप के अनुसार, उनके पिता ने 28 नवंबर 2023 को करीब 5.30 लाख रुपए का लोन लिया था। आरोप है कि बकाया 5.18 लाख रुपए की वसूली के लिए बैंक कर्मचारी लगातार घर आकर दबाव बना रहे थे। परिवार ने मां की बीमारी का हवाला देकर समय मांगा, लेकिन राहत नहीं दी गई। उल्टा घर पर नोटिस चस्पा कर दिया गया। मकान नीलाम करने की धमकी दी परिजनों का आरोप है कि 19 मार्च को बैंक कर्मचारी रूपनारायण की पान की दुकान पर पहुंचे और सार्वजनिक रूप से उन्हें अपमानित किया। इतना ही नहीं, मकान नीलाम करने की धमकी भी दी। इसी घटनाक्रम के बाद परिवार तनाव में आ गया और रूपनारायण ने पत्नी तारावती व बेटे संदीप के साथ जहरीला पदार्थ खाकर जान दे दी। पुलिस कर रही जांच मामले ने तूल पकड़ लिया है। सरोजनीनगर विधायक राजेश्वर सिंह ने भी पुलिस से सख्त कार्रवाई की मांग की है। एसीपी कृष्णानगर रजनीश वर्मा के मुताबिक, बैंक के किन कर्मचारियों ने दबाव बनाया और क्या बातचीत हुई, इसकी जांच की जा रही है। साक्ष्य जुटाए जा रहे हैं, जिसके आधार पर आगे कार्रवाई होगी।
लखनऊ में घरेलू गैस सिलेंडरों की आपूर्ति व्यवस्था को दुरुस्त करने के लिए जिला प्रशासन ने व्यापक अभियान चलाया। अलग-अलग टीमों ने शहर और ग्रामीण क्षेत्रों में गैस एजेंसियों और गोदामों का निरीक्षण किया। इसी दौरान हजरतगंज में संदिग्ध तरीके से सिलेंडर ले जा रहे एक युवक को पकड़कर उसके खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है। जिला प्रशासन के निर्देश पर तहसील बीकेटी में उपजिलाधिकारी कुमार सौरभ और पूर्ति निरीक्षक की टीम ने आधार खेड़ा स्थित जनता कमर्शियल एचपी गैस गोदाम का निरीक्षण किया। वहीं नगरीय क्षेत्रों में अलग-अलग टीमों ने अभियान चलाते हुए आलमबाग, चौक और राजाजीपुरम समेत कई इलाकों में गैस एजेंसियों की जांच की। प्रशासन का फोकस स्टॉक, वितरण प्रणाली और उपभोक्ताओं को समय पर आपूर्ति सुनिश्चित करना रहा। आलमबाग और चौक में एजेंसियों की गहन जांचनगरीय क्षेत्र की टीम-1 के तहत एसीएम-3 अशोक कुमार चौरसिया ने आलमबाग स्थित शीला गैस सर्विस और सूरज गैस सर्विस का निरीक्षण किया। टीम-2 ने चौक क्षेत्र में चिराग गैस एजेंसी और जनता एचपी गैस गोदाम की जांच की। अधिकारियों ने स्टॉक रजिस्टर, बुकिंग रिकॉर्ड और वितरण प्रक्रिया की बारीकी से पड़ताल की। राजाजीपुरम समेत कई स्थानों पर जांचटीम-3 के तहत क्षेत्रीय खाद्य अधिकारी अरविंद कुमार सिंह ने राजाजीपुरम, पाल तिराहा, तेजा खेड़ा और लाल कोठी क्षेत्र में गैस वितरण केंद्रों का निरीक्षण किया।इन स्थानों पर गैस सिलेंडरों की उपलब्धता, उपभोक्ताओं को समय पर डिलीवरी और संभावित अनियमितताओं की जांच की गई। संदिग्ध दोपहिया से 4 गैस सिलेंडर बरामदनिरीक्षण अभियान के दौरान महात्मा गांधी मार्ग (मोती महल रोड) पर एक संदिग्ध दोपहिया वाहन से 4 घरेलू गैस सिलेंडर बरामद किए गए। जांच में वाहन मालिक की पहचान गौरव यादव निवासी टीजी हॉस्टल, खदरा के रूप में हुई। प्राथमिक जांच में मामला गैस सिलेंडरों की कालाबाजारी से जुड़ा पाया गया, जिसके बाद प्रशासन ने सख्त कार्रवाई शुरू की। आवश्यक वस्तु अधिनियम के तहत दर्ज होगी एफआईआरप्रकरण को गंभीर मानते हुए संबंधित व्यक्ति के खिलाफ आवश्यक वस्तु अधिनियम, 1955 की धारा 3/7 के तहत एफआईआर दर्ज कराई जा रही है। जांच टीम में क्षेत्रीय खाद्य अधिकारी परवेज अख्तर और पूर्ति निरीक्षक हर्ष मिश्र भी शामिल रहे, जिन्होंने मौके पर कार्रवाई को अंजाम दिया। आपूर्ति व्यवस्था सुधारने पर प्रशासन का जोरजिला प्रशासन का कहना है कि गैस सिलेंडरों की कालाबाजारी और अनियमितताओं को किसी भी हाल में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। आने वाले दिनों में भी इस तरह के निरीक्षण अभियान जारी रहेंगे, ताकि उपभोक्ताओं को बिना किसी परेशानी के समय पर गैस सिलेंडर उपलब्ध हो सके।
बांसवाड़ा के सज्जनगढ़ थाना क्षेत्र में पुलिस ने दो अलग-अलग वारदातों का खुलासा करते हुए तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। एक मामले में फाइनेंस कर्मी से 54850 रुपए छीने गए थे, जबकि दूसरे में भाई-बहन से चांदी का कड़ा छीनने का प्रयास हुआ था। पुलिस ने आरोपियों को गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश किया, जहां से उन्हें न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया गया। फाइनेंस कर्मी से बैग छीनने का मामला पहली वारदात 10 फरवरी की है, जब स्वतंत्र फाइनेंस के कर्मचारी से रुपयों से भरा बैग छीन लिया गया था। कर्मचारी कलेक्शन के 54850 रुपए लेकर बाइक से जा रहा था, तभी बिना नंबर की बाइक पर आए दो बदमाशों ने पीछा कर बैग छीन लिया। इस मामले में पुलिस ने इटाला निवासी 21 साल के दीपक पुत्र हरेंद्र उर्फ हकराज गरासिया को गिरफ्तार किया है और छीने गए रुपए व वारदात में इस्तेमाल की गई टीवीएस बाइक जब्त की है। भाई-बहन से छीनने का प्रयास और मारपीट दूसरी वारदात 26 फरवरी को ईटाला नाल घाटी के पास हुई। भुराकुआं निवासी मनीष अपनी बहन अमीषा के साथ बाइक से जा रहे थे, तभी बदमाशों ने रास्ता रोककर मारपीट की और चांदी का कड़ा व मोबाइल छीनने का प्रयास किया। राहगीरों के आने पर आरोपी मौके से चले गए। 2 सगे भाई समेत आरोपी गिरफ्तार इस मामले में पुलिस ने अगोरिया निवासी साहिल (20) और निखिल (19) को गिरफ्तार किया है। दोनों सगे भाई हैं और गट्टू जाति डोडियार भील समुदाय से हैं। इस प्रकरण में संजय और मांगीलाल नाम के दो आरोपियों को पहले ही जेल भेजा जा चुका है। पुलिस टीम ने किया खुलासा थानाधिकारी धनपत सिंह के नेतृत्व में पुलिस टीम ने दोनों मामलों का खुलासा किया। टीम में एएसआई हसमुखलाल, छगनलाल, हेड कांस्टेबल प्रकाशचन्द्र, रमेशचन्द्र और कांस्टेबल जयन्तीलाल व राजेन्द्र शामिल रहे। आरोपियों को कोर्ट में पेश कर जेल भेज दिया गया।
झांसी में दरोगा बनने की चाहत में नियमों को ताक पर रखने वाले 23 सिपाहियों पर एक्शन हुआ है। इन सिपाहियों ने बीमारी का बहाना बनाकर छुट्टी ली थी। फिर दरोगा का पेपर देने के लिए पहुंच गए। एग्जाम देकर लौटे सिपाहियों ने आमद करा ली। इसके बाद गोपनीय जांच कराई गई। जिसमें सच्चाई सामने आ गई। एसएसपी ने सभी 23 सिपाहियों को एक साथ सस्पेंड कर दिया। इनके खिलाफ विभागीय जांच के भी आदेश दिए हैं। 14 और 15 मार्च को हुई थी परीक्षा 14 और 15 मार्च को यूपी पुलिस में दरोगा पद की सीधी भर्ती के लिए लिखित परीक्षा कराई गई थी। इस परीक्षा में झांसी के 23 सिपाही बिना विभागीय इजाजत गुपचुप तरीके से शामिल हो गए। किसी सिपाही ने 2 तो किसी ने 3 या 4 दिन की छुट्टी ली। उन्होंने खुद को बीमार बताते हुए एक महीने पहले से छुट्टी ली थी जबकि इस दौरान होली, ईद जैसे अहम आयोजन भी पड़े। छुट्टी लेने वालों में अनुपम शुक्ला और सुशीला समेत 23 सिपाही शामिल छुट्टी लेने वालों में अनुपम शुक्ला पूंछ, विकास कुमार बरुआसागर, जीतू यादव सदर बाजार, सिनोज कुमार पुलिस लाइन, राहुल कुमार गुरसराय, दुर्गेश सिंह सीपरी बाजार, आशीष कुमार सीपरी बाजार, रूप सिंह अभियोजन, सत्यम मिश्रा बड़ागांव, सुरजीत सिंह पुलिस लाइन, स्वाति चौहान सीपरी बाजार, श्याम सुंदर गुरसराय, लवकुश पुलिस लाइन, अनीशा राजपूत पूंछ, खुशबू शर्मा नवाबाद, बलवीर सिंह पुलिस लाइन, लव शर्मा पुलिस लाइन, नवल सिंह प्रेमनगर, प्रमोद सिंह डायल 112, रवि कुमार सकरार, राजेंद्र कुमार टहरौली, सुशीला कुमारी बड़ागांव शामिल थे। बीमारी बताने के चलते उनके अवकाश स्वीकृत हो गए। दरोगा परीक्षा में शामिल होने के बाद इन सिपाहियों ने आमद करा ली। लेकिन गोपनीय जांच में सिपाहियों की सच्चाई सामने आ गई। झूठी सूचना देकर छुट्टी लेने पर कार्रवाई एसएसपी बीबी जीटीएस मूर्ति ने झूठी सूचना देकर छुट्टी लेने को गंभीर अनुशासनहीनता मानते हुए 23 सिपाहियों को सस्पेंड कर दिया। साथ ही इनके खिलाफ जांच के भी आदेश जारी कर दिए। उधर, एक साथ बड़ी संख्या में इन सिपाहियों के निलंबन से पुलिस महकमे में खलबली मची है। अभी तक एक साथ इतने कर्मचारियों का निलंबन नहीं हुआ था। ये खबर भी पढ़ें… मैनपुरी में देवर ने भाभी को मार डाला, लूडो खेलते समय चिकोटी काटी, धमकी दी तो गला दबाया मैनपुरी में चचेरे देवर ने भाभी की हत्या कर दी। देवर-भाभी साथ बैठकर लूडो खेल रहे थे। इसी दौरान देवर ने भाभी को चिकोटी काट ली। इस पर भाभी ने विरोध किया और पति को बताने की धमकी दी। गुस्से में देवर ने भाभी का गला दबा दिया। इसके बाद देवर भाभी के मोबाइल का सिम निकालकर भाग गया। पति ने अज्ञात के खिलाफ केस दर्ज कराया था। वारदात 10 मार्च की है। पुलिस सिम की लोकेशन ट्रेस करते हुए देवर तक पहुंच गई। सोमवार (23 मार्च) तो पुलिस ने देवर को गिरफ्तार कर लिया। मामला कुर्रा थाना क्षेत्र का है। पढ़ें पूरी खबर…
बबीना थाने में तैनात एक होमगार्ड की ड्यूटी के दौरान अचानक तबीयत बिगड़ने से मौत हो गई। यह घटना उनकी बेटी की शादी से कुछ दिन पहले हुई, जिससे परिवार में मातम छा गया है। पुलिस को आशंका है कि उनकी मौत हार्ट अटैक से हुई है। बबीना थाना क्षेत्र के ग्राम ढिकौली निवासी राकेश कुमार (48) पुत्र गोकुल प्रसाद होमगार्ड में कार्यरत थे। उनकी ड्यूटी बबीना थाने में लगी थी। ड्यूटी के दौरान उन्हें अचानक घबराहट और सीने में दर्द की शिकायत हुई। उन्हें तत्काल बबीना के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) ले जाया गया, जहाँ से उन्हें मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया गया। सूचना मिलने पर पुलिस ने शव का पोस्टमॉर्टम कराया। राकेश की बेटी प्रियंका का विवाह 19 अप्रैल को होना तय था और शादी के कार्ड बांटे जा रहे थे। उनकी पत्नी नीलम भी शनिवार को कार्ड बांटने अपने मायके गई थीं। घटना की सूचना मिलते ही वह मेडिकल कॉलेज पहुंचीं। राकेश के परिवार में दो बेटे भी हैं। बड़ा बेटा अंकित प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहा है, जबकि छोटा बेटा नीलेश ने हाल ही में 11वीं कक्षा की परीक्षा दी है। बबीना पुलिस के अनुसार, राकेश की मौत का संभावित कारण हार्ट अटैक है।
करनाल शहर में सेक्टर-6 के मेन मार्केट स्थित एक आईलेट्स सेंटर में रात के समय अज्ञात चोरों ने छत के रास्ते घुसकर चोरी और तोड़फोड़ की वारदात को अंजाम दिया। सुबह दुकान खोलने पर घटना का पता चला। चोर लैपटॉप, नकदी और जरूरी दस्तावेज ले गए। साथ ही अंदर रखे सामान और फॉल्स सीलिंग को भी नुकसान पहुंचाया। चोरी की सूचना पुलिस को दी गई। पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू कर दी। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। शैड को तोड़कर अंदर घुसे चोर करनाल के कर्ण विहार के मनदीप खटक ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि उनका आईलेट्स सेंटर सेक्टर-6 के मेन मार्केट में दुकान नंबर 100 पर स्थित है। कल रात को अज्ञात व्यक्ति छत पर लगे एयर वेंटिलेशन के शेड को तोड़कर अंदर घुस गए। सुबह जब उन्होंने दुकान खोली, तो अंदर का सारा सामान बिखरा हुआ मिला। लैपटॉप, नकदी और जरूरी दस्तावेज चोरी शिकायत के अनुसार चोर एक एचपी कंपनी का लैपटॉप, 3 हजार रुपये की नकदी, आधार कार्ड, एसबीआई एटीएम कार्ड और पैन कार्ड चोरी कर ले गए। इसके अलावा एसी की 12 फीट लंबी तांबे की पाइप भी उखाड़कर ले गए। चोरी के साथ-साथ चोरों ने सेंटर के अंदर रखे फर्नीचर और फॉल्स सीलिंग को भी तोड़ दिया, जिससे काफी नुकसान हुआ है। शिकायतकर्ता मनदीप खटक ने पुलिस से मांग की है कि जल्द से जल्द आरोपियों को गिरफ्तार कर चोरी हुआ सामान बरामद किया जाए। केस दर्ज कर जांच में जुटी पुलिस घटना की सूचना के बाद पुलिस ने मौका मुआयना किया और मौके से साक्ष्य जुटाए। पुलिस ने मनदीप की शिकायत के आधार पर अज्ञात चोरों के खिलाफ मुकद्मा दर्ज कर लिया है। मामले की जांच की जिम्मेदारी एएसआई आनंद प्रकाश को सौंपी गई है। पुलिस का कहना है कि शिकायत के आधार पर मामला दर्ज किया गया है। अब आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों को चेक किया जा रहा है, ताकि चोरों के बारे में कोई सुराग लग सके और चोरों को जल्दी काबू किया जा सके।
औली में पर्यटकों की कार और डंपर की टक्कर:लखनऊ के 4 लोग गंभीर, एम्स ऋषिकेश रेफर
चमोली में डंपर और पर्यटकों की कार के बीच जोरदार टक्कर हो गई, जिसमें कार सवार चार लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। जानकारी के अनुसार, लखनऊ से आया एक परिवार औली घूमकर वापस ज्योतिर्मठ लौट रहा था। इसी दौरान सामने से आ रहे सामान से लदे डंपर से उनकी कार की आमने-सामने भिड़ंत हो गई। टक्कर इतनी भीषण थी कि कार बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई और उसमें सवार लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। हादसा देर शाम ज्योतिर्मठ-औली मोटर मार्ग पर फॉरेस्ट कॉलोनी के पास हुआ। घायलों में कार चालक अख्तर, उनकी पत्नी सना, बेटी आयत और सावान शामिल हैं। एम्स ऋषिकेश रेफर स्थानीय लोगों की मदद से सभी घायलों को तुरंत ज्योतिर्मठ सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया गया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद उनकी गंभीर हालत को देखते हुए उन्हें एम्स ऋषिकेश रेफर कर दिया गया। इसके अलावा, कार में सवार एक अन्य महिला और एक बच्ची को भी हल्की चोटें आई हैं। घटना के बाद क्षेत्र में अफरा-तफरी का माहौल बन गया। पुलिस मामले की जांच में जुट गई है।
अज्ञात वाहन ने बाइक को मारी टक्कर, युवक घायल:गंभीर हालत में झाबुआ जिला अस्पताल रेफर, चालक फरार
झाबुआ के थांदला रोड पर सोमवार देर शाम एक सड़क हादसे में एक युवक गंभीर रूप से घायल हो गया। अज्ञात वाहन की टक्कर से घायल युवक को बेहतर इलाज के लिए जिला चिकित्सालय रेफर किया गया है। वहीं वाहन चालक मौके से फरार हो गया। पुलिस के अनुसार, फुटतालाब निवासी विष्णु पुत्र लालिया डामोर अपनी बाइक से जा रहा था। इसी दौरान एक अज्ञात वाहन ने उसे जोरदार टक्कर मार दी और मौके से फरार हो गया। टक्कर इतनी भीषण थी कि विष्णु के सिर में गंभीर चोटें आईं और वह लहूलुहान होकर सड़क पर गिर गया। घटना की सूचना मिलते ही थांदला रोड चौकी पर तैनात आरक्षक कैलाश डावर और संजय भूरा तुरंत मौके पर पहुंचे। पुलिसकर्मियों ने घायल विष्णु को तत्काल थांदला प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया। प्राथमिक उपचार के बाद, युवक की नाजुक हालत और सिर में गंभीर चोटों को देखते हुए डॉक्टरों ने उसे देर रात ही जिला चिकित्सालय रेफर कर दिया। फिलहाल, पुलिस अज्ञात वाहन और उसके चालक की तलाश कर रही है। क्षेत्र में लगातार हो रही सड़क दुर्घटनाओं ने स्थानीय लोगों के बीच सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ा दी है।
मैहर में चैत्र नवरात्रि मेले के दौरान मां शारदा धाम में तैनात चिकित्सा दल श्रद्धालुओं को लगातार त्वरित स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान कर रहा है। मेले में कई स्थानों पर अचानक अस्वस्थ हुए मरीजों को मौके पर ही प्राथमिक उपचार दिया जा रहा है, जबकि गंभीर मामलों को सिविल अस्पताल मैहर रेफर किया जा रहा है। इसी कड़ी में, मंडला निवासी 35 वर्षीय राजा चौरसिया को लाल गेट के पास शरीर में कंपन, अत्यधिक पसीना और हाई ब्लड प्रेशर की शिकायत के साथ पाया गया। चिकित्सा दल ने तत्काल उपचार प्रदान कर उन्हें अस्पताल भेजा। एक अन्य घटना में, नरसिंहपुर जिले के गाडरवाड़ा निवासी 29 वर्षीय हरिओम राजपूत चक्कर आने से गिर गए, जिससे उनके सिर में चोट आई। प्राथमिक उपचार के बाद उन्हें भी सिविल अस्पताल रेफर किया गया। विदिशा के 12 वर्षीय आयुष अहिरवार को पेट दर्द, चक्कर और सिर में चोट की शिकायत होने पर तुरंत उपचार उपलब्ध कराया गया। इसके अतिरिक्त, मैहर के वृद्धाश्रम में अस्थमा से पीड़ित एक मरीज को सांस लेने में तकलीफ होने पर चिकित्सा टीम मौके पर पहुंची और उपचार कर उनकी स्थिति में सुधार किया। इन सभी मामलों में डॉ. सौरभ सिंह तिवारी और डॉ. संतोष कुमार जाटव सहित पूरे चिकित्सा दल ने त्वरित और प्रभावी सेवाएं प्रदान कीं, जिसकी मेला क्षेत्र में व्यापक सराहना की जा रही है।
राजस्थान उच्च न्यायालय ने राज्यभर की अदालतों के समय में गर्मियों के दौरान बदलाव करने का नया शिड्यूल जारी कर दिया है। यह नया समय 13 अप्रैल 2026 से लागू होकर 28 जून 2026 तक प्रभावी रहेगा। आदेश के अनुसार उच्च न्यायालय सहित सभी अधीनस्थ न्यायालयों में कार्य समय नए सिरे से शिड्यूल किया गया है। हाईकोर्टकी ओर से जारी अधिसूचना के मुताबिक उच्च न्यायालय में न्यायालय का समय सुबह 8 बजे से दोपहर 1 बजे तक रहेगा, जिसमें सुबह 10:30 बजे से 11 बजे तक मध्यांतर होगा। वहीं कार्यालय का समय सुबह 7:30 बजे से दोपहर 1 बजे तक निर्धारित किया गया है, जिसमें 10:30 से 10:45 बजे तक विश्राम रहेगा। इसी प्रकार अधीनस्थ न्यायालयों में न्यायालय का समय सुबह 8 बजे से दोपहर 12:30 बजे तक तय किया गया है। इनमें सुबह 10 बजे से 10:15 बजे तक मध्यांतर रहेगा। अधीनस्थ न्यायालयों के कार्यालय सुबह 7:30 बजे से दोपहर 1 बजे तक संचालित होंगे, जिनमें 10 बजे से 10:15 बजे तक अवकाश रहेगा। आदेश में यह भी स्पष्ट किया गया है कि पीठासीन अधिकारी सुबह 7:30 बजे से 8 बजे तक तथा दोपहर 12:30 बजे से 1 बजे तक चैंबर में कार्य करेंगे। बीकानेर बार एसोसिएशन के अध्यक्ष अजय पुरोहित ने बताया कि न्यायालय प्रशासन का मानना है कि गर्मी के मौसम को देखते हुए नया शिड्यूल रहे, ताकि न्यायिक कार्य सुचारू रूप से संचालित हो सके और गांव से आने वालों के साथ कार्मिकों को भी राहत मिल सके।
इंदौर के तिलक नगर में हुए अग्निकांड को एक हफ्ता बीत चुका है, मगर एक सवाल अभी भी बरकरार है कि मनोज पुगलिया के तीन मंजिला मकान में आग कैसे लगी? पुलिस, बिजली कंपनी और फॉरेंसिक एक्सपर्ट्स की टीमें जांच में जुटी हैं, लेकिन कोई ठोस कारण नहीं बता पा रहा है। इस मामले में विरोधाभास इस बात को लेकर है कि मकान में आग इलेक्ट्रिक कार की चार्जिंग के दौरान लगी या फिर घर से सटे बिजली पोल में हुए शॉर्ट सर्किट की वजह से। कार को चार्जिंग पर लगाया गया था या नहीं इसे लेकर परिवार के सदस्यों के बयान भी अलग-अलग है। वहीं स्मार्ट मीटर के डेटा के आधार पर बिजली कंपनी का तर्क है कि इलेक्ट्रिक कार को चार्जिंग पर लगाया गया था। सच क्या है इसका पता लगाने के लिए पुलिस को फायर ब्रिगेड, बिजली कंपनी और फोरेंसिक एक्सपर्ट्स की कंबाइंड रिपोर्ट का इंतजार है। पढ़ें पूरी रिपोर्ट… एक हादसा, दो थ्योरी: पोल का करंट बनाम कार की चार्जिंग पहली थ्योरी: कार चार्जिंग के दौरान लगी आगप्रारंभिक तौर पर कार चार्जिंग के दौरान हुए शॉर्ट सर्किट को ही आग लगने का जिम्मेदार माना गया था। हादसे के बाद पुलिस कमिश्नर संतोष सिंह ने बताया था कि आग की शुरुआत घर के बाहर चार्ज हो रही ईवी कार (टाटा पंच) में शॉर्टसर्किट से हुई। स्पार्किंग से इलेक्ट्रिक बोर्ड, मीटर व मुख्य केबल में आग लगी, जो बिजली पोल तक फैल गई। वहीं हादसे में बचे मनोज के छोटे बेटे हर्षित ने भी कहा था कि इलेक्ट्रिक कार उनकी ही थी और रात में उन्होंने ही चार्ज पर लगाई थी। सुबह 4 बजे पापा ने जगाया, लेकिन जैसे ही आगे बढ़ा, धुएं में बेहोश हो गया। होश आया तो एंबुलेंस में था। उन्होंने कहा आग इतनी तेजी से फैली कि कोई निकल नहीं सका। इस थ्योरी को दो दिन बाद मनोज के बड़े बेटे सौरभ ने खारिज कर दिया। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव जब परिवार से मिलने पहुंचे तो सौरभ ने कहा कि आग की वजह इलेक्ट्रिक कार नहीं हो सकती। ये आरोप लगाया कि उनके घर के पास लगे बिजली के पोल से अक्सर चिंगारियां निकलती थीं, जिसकी शिकायत भी की गई थी, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई। परिवार का दावा है कि उसी पोल में हुए शॉर्ट सर्किट की एक चिंगारी ने पहले कार को अपनी चपेट में लिया और फिर आग ने विकराल रूप धारण कर लिया। हालांकि, हर्षित और सौरभ दोनों के बयान विरोधाभासी है। दूसरी थ्योरी: पोल में शॉर्ट सर्किट से लगी आग दूसरी थ्योरी पहली वाली थ्योरी से बिलकुल उलट है। परिजन कह रहे हैं कि पोल में आग लगी जिसने विकराल रूप ले लिया। इस थ्योरी को पश्चिम क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी खारिज कर रही है। कंपनी के अफसरों का कहना है कि मनोज पुगलिया के घर स्मार्ट मीटर लगा था। इसमें मिनट टू मिनट डेटा सेव होता है। कंपनी ने इस डेटा के आधार पर दावा किया है कि रात को 11 बजे ईवी को चार्जिंग पर लगाया गया था। इसके बाद रात तीन बजे तक ईवी चार्ज होती रही। रात 3 बजे के बाद सिस्टम में कोई फाल्ट हुआ जिसकी वजह से चार्जिंग ऑटो कट ऑफ हो गई और सप्लाई बंद हो गई। सुबह करीब सवा चार बजे घर का लोड जीरो हो गया था। मौत का तीन मंजिला मकान: हर फ्लोर पर एक दर्दनाक कहानी ग्राउंड फ्लोर- भट्ठी बना लोहे का दरवाजा: यहां घर के मुखिया मनोज पुगलिया और उनकी पत्नी सो रहे थे। आग का एहसास होते ही वे मुख्य दरवाजे की ओर भागे, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी। आग की लपटों ने लोहे के मुख्य दरवाजे को एक भट्ठी की तरह तपा दिया था। गर्मी की वजह से धातु फैल गई और उसका लॉक अंदर से जाम हो गया। मनोज और उनकी पत्नी उस दहकते दरवाजे को खोलने के लिए संघर्ष करते रहे, लेकिन नाकाम रहे। बाद में उनकी पत्नी किसी तरह ऊपर की मंजिल से बाहर निकलीं, लेकिन मनोज, विजय सेठिया और कार्तिक के शव यहीं से बरामद हुए। फर्स्ट फ्लोर- बालकनी बनी जीवनदायिनी: इस फ्लोर पर सौरभ, सौमिल, हर्षित और उनकी मां सुनीता थे। यहां किस्मत ने उनका साथ दिया। उनके कमरे के आगे एक बालकनी थी। आग और धुएं का गुबार जब तक यहां पहुंचता, उन्होंने बालकनी से पड़ोसियों को आवाज दी। पड़ोसियों की तत्काल मदद से ये चारों सुरक्षित बाहर निकलने में कामयाब रहे। लेकिन इसी फ्लोर पर सुमन खरे, रुचिका, राशि और तनय धुएं और आग की चपेट में आ गए। सेकेंड फ्लोर- दमघोंटू धुआं और मासूम जिंदगियां: सबसे दर्दनाक मंजर दूसरी मंजिल पर था। सीढ़ियों का रास्ता एक चिमनी की तरह काम कर रहा था, जो नीचे की आग और जहरीले धुएं को सीधे ऊपर के कमरों तक पहुंचा रहा था। यहां सिमरन और मनोज पुगलिया के शव मिले। उन्हें बचने या भागने का कोई मौका ही नहीं मिला। मनोज की बहू सिमरन का शव दरवाजे को पकड़े हुए बैठी अवस्था में मिला, जो बताता है कि उन्होंने आखिरी सांस तक बाहर निकलने की कोशिश की होगी। पुलिस की जांच, फोरेंसिक की चुनौती और उलझे हुए सबूत तिलक नगर थाना प्रभारी मनीष लोधा के अनुसार, पुलिस हर एंगल से मामले की जांच कर रही है। पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट आ चुकी है, जिसमें सभी 8 मौतों का कारण दम घुटना और झुलसना बताया गया है। लेकिन, पुलिस किसी भी नतीजे पर पहुंचने से पहले फायर ब्रिगेड, बिजली कंपनी और फॉरेंसिक विशेषज्ञों की संयुक्त रिपोर्ट का इंतजार कर रही है। घटनाक्रम से जुड़ी ये खबरें भी पढ़ें… बिजली कंपनी का दावा…ओवरचार्जिंग से बैटरी बम की तरह फटी:इंदौर में ईवी चार्जिंग से ही लगी थी आग बेटे का दावा-EV से नहीं इलेक्ट्रिक पोल से निकली चिंगारी, बिजली बंद किए बिना पानी डाला; यही मौतों की वजह वक्त सबकुछ छीन सकता है…स्टेटस लिखकर सोए थे मनोज:फायर ब्रिगेड कर्मी ने काट दिया था प्रत्यक्षदर्शी का फोन इंदौर EV हादसा…4 महीने की गर्भवती थी बड़ी बहू:दुआओं से कोख में पल रही जिंदगी भी बुझी; खुशियों वाला घर 8 मौतों से मातम से भरा
पीएम श्री केंद्रीय विद्यालय ने नए शैक्षणिक सत्र 2026-27 के लिए पंजीकरण प्रक्रिया की शुरू कर दी गई है। स्कूल के प्राचार्य एचएल मीणा ने बताया की प्रवेश के इच्छुक अभिभावकों के लिए आवेदन की खिड़की 20 मार्च से शुरू की जा चुकी चुकी है जो 2 अप्रैल तक जारी रहेगी। इस वर्ष विद्यालय ने विभिन्न कक्षाओं के लिए रिक्तियों कों भी साझा किया है, जिसके तहत कक्षा पहली में कुल 80 सीटों पर प्रवेश दिया जाएगा, जबकि कक्षा दूसरी से पांचवीं तक प्रत्येक कक्षा में 40-40 रिक्त पदों के लिए आवेदन आमंत्रित किए गए हैं।प्रवेश प्रक्रिया को सुव्यवस्थित बनाए रखने के उद्देश्य से प्रशासन ने कक्षा वार अलग-अलग माध्यम निर्धारित किए हैं। कक्षा पहली में प्रवेश के लिए अभिभावकों को अनिवार्य रूप से ऑनलाइन माध्यम का उपयोग करना होगा, जिसके लिए विद्यालय की आधिकारिक वेबसाइट https://pali.kvs.ac.in/ पर जाकर पंजीकरण करना आवश्यक है। कक्षा दूसरी से पांचवीं तक के लिए पंजीकरण की प्रक्रिया पूरी तरह ऑफलाइन रखी गई है। इन कक्षाओं के लिए इच्छुक अभिभावक विद्यालय परिसर से स्वयं आवेदन फॉर्म प्राप्त कर सकते हैं या आधिकारिक वेबसाइट से फॉर्म डाउनलोड कर उसका प्रिंट निकाल सकते हैं। फॉर्म जमा करने की व्यवस्था को लेकर भी विशेष निर्देश जारी किए गए हैं। पूर्ण रूप से भरे हुए आवेदन पत्र सभी आवश्यक दस्तावेजों के साथ प्रत्येक कार्य दिवस में सुबह 8:30 बजे से दोपहर 12 बजे के बीच विद्यालय कार्यालय में व्यक्तिगत रूप से जमा किए जा सकते हैं। विद्यालय प्रशासन ने सभी अभिभावकों से यह विशेष आग्रह किया है कि वे निर्धारित समय सीमा यानी 2 अप्रैल के भीतर ही अपनी आवेदन प्रक्रिया सुनिश्चित करें, क्योंकि अंतिम तिथि के बाद किसी भी आवेदन पर विचार नहीं किया जाएगा।
चित्रकूट में मलूक पीठाधीश्वर राजेंद्र दास महाराज की रामकथा रविवार को छठे दिन भी जारी रही। भाई मफतलाल खेल मैदान स्थित पंडाल में बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचे। कथा 19 मार्च से चल रही है और हर दिन लोगों की उपस्थिति बढ़ रही है। महाराज राजेंद्र दास ने कहा कि चित्रकूट केवल एक धार्मिक स्थल नहीं है, बल्कि ऋषियों-मुनियों की तपोभूमि और मोक्ष प्रदान करने वाली धरा है। उन्होंने मंदाकिनी नदी के महत्व पर प्रकाश डालते हुए शास्त्रों में इसके विशेष उल्लेख का जिक्र किया। नारद जी का प्रसंग, पापों से मुक्ति का संदेश कथा में महाराज ने नारद जी के प्रसंग का वर्णन किया। राजा दक्ष प्रजापति द्वारा नारद जी को दिया गया श्राप केवल चित्रकूट आकर मंदाकिनी में स्नान करने से ही समाप्त हुआ। महाराज ने जोर देकर कहा कि मनुष्य के पाप कितने भी बड़े क्यों न हों, यदि वह सच्चे मन से चित्रकूट पहुंचकर मंदाकिनी में स्नान करता है, तो उसके पाप नष्ट हो जाते हैं। उनके इस कथन पर श्रद्धालुओं ने 'जय श्रीराम' के उद्घोष से आस्था व्यक्त की। मंदाकिनी नदी की दिव्य उत्पत्ति राजेंद्र दास महाराज ने मंदाकिनी नदी की उत्पत्ति पर भी प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि माता सती अनुसूया ने अपने तपोबल से इस नदी का उद्गम किया था। इसलिए इसका जल केवल प्राकृतिक नहीं, बल्कि तप, त्याग और साधना की दिव्य शक्ति से परिपूर्ण है। भक्तिमय माहौल और श्रद्धालुओं की सहभागिता रामकथा के दौरान श्रद्धालुओं में गहरी श्रद्धा देखी गई। आयोजकों ने बताया कि बाहर से आने वाले श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए सभी आवश्यक व्यवस्थाएं की गई हैं। चित्रकूट की आध्यात्मिक महिमा और मंदाकिनी की पवित्रता पर दिया गया यह संदेश लोगों के मन पर गहरा प्रभाव छोड़ रहा है।
कासगंज जिले के पुलिस अधीक्षक ओमप्रकाश सिंह ने सोमवार देर रात को कासगंज नगर क्षेत्र के भ्रमण के दौरान नई हवेली में स्थित वृद्धाश्रम का दौरा किया। वहीं पुलिस अधीक्षक ओम प्रकाश सिंह नर नवरात्रि पर्व के अवसर पर बृद्धा आश्रम में रहने वाले जरूरतमंद और निराश्रित बुजुर्गों को खाद्य सामग्री वितरित की। आपको बतादे कासगंज जिले के एसपी ओम ओरकाश सिंह सोमवार देर रात पर निकले थे। तभी अचानक गस्त करने के दौरान एसपी ओम प्रकाश सिंह कासगंज शहर के अमापुर बस स्टेण्ड के निकट नई हवेली में बने ब्रद्धा आश्रम वृद्धाश्रम पहुंचे। जंहा उन्हीने आश्रम में रहने वाले बुजुर्गों से मुलाक़ात की। मुलाक़ात जे दौरान एसपी ने बुजुर्गो के हाल चाल जाने। और आश्रम में मिल रही उन्हे सुबिधाओं की भी जानकारी बुजुर्गों से ली। वहीं एसपी ने बुजुर्गों में खाद्य सामग्री वितरित की। और बुजुर्गों का आशीर्वाद लिया। वहीं बृद्धा आश्रम पहुंचे एसपी ओम प्रकाश सिंह ने बताया हम सब लोगों को समाज हित में काम करने चाहिए। और खासकर सभी को जरूरत मंद और बेसहारा लोगों की मदद जरूर करनी चाहिए। ऐसा करके दिल और मन दोनो को बहुत शान्ति मिलती है।
देवरिया में युवक की बेरहमी से पिटाई:घर में घुसकर हमला, सीसीटीवी फुटेज सामने आया
देवरिया जिले के दानोपुर इलाके में एक युवक की घर में घुसकर बेरहमी से पिटाई की गई। यह पूरी घटना सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गई, जिसका वीडियो मंगलवार को सामने आने के बाद इलाके में हड़कंप मच गया। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। जानकारी के अनुसार, दानोपुर निवासी अरविंद कुशवाहा शनिवार शाम अपने घर के बाहर बैठे थे। इसी दौरान कुछ युवक वहां पहुंचे और गाली-गलौज करते हुए उन्हें घेर लिया। देखते ही देखते आरोपियों ने बेल्ट, लात-घूसों से अरविंद की जमकर पिटाई शुरू कर दी। सीसीटीवी फुटेज में साफ देखा जा सकता है कि एक युवक कुछ ही सेकंड में कई बार बेल्ट से वार कर रहा है। हमलावर घर के अंदर तक घुस गए और वहां भी मारपीट करते हुए जान से मारने की धमकी दी। घटना के बाद सभी आरोपी मौके से फरार हो गए। पीड़ित अरविंद कुशवाहा का कहना है कि हमलावरों से उनका कोई पुराना विवाद नहीं था और उन्होंने अचानक हमला कर दिया। इस घटना के बाद उनके परिवार में दहशत का माहौल बना हुआ है। पीड़ित ने सदर कोतवाली में मामले की शिकायत दर्ज कराई है। पुलिस ने तहरीर के आधार पर जांच शुरू कर दी है और सीसीटीवी फुटेज के जरिए आरोपियों की पहचान की जा रही है। सदर कोतवाली प्रभारी राकेश कुमार राय ने बताया कि मामला संज्ञान में है और जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार कर उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। इस घटना के बाद स्थानीय लोगों में आक्रोश है। उन्होंने पुलिस से मांग की है कि आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई कर क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था मजबूत की जाए, ताकि ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।
राजसमंद में पांच दिवसीय गणगौर महोत्सव का सोमवार देर रात गुलाबी गणगौर सवारी के साथ समापन हुआ। सवारी द्वारिकाधीश मंदिर से निकलकर शहर के प्रमुख मार्गों से होते हुए बालकृष्ण स्टेडियम पहुंची। यहां महिलाओं ने पूजा कर घूमर नृत्य किया और सांस्कृतिक प्रस्तुतियां हुईं। सवारी में झांकियां, ऊंट-घोड़े और बैंड शामिल रहे। प्रमुख मार्गों से निकली सवारी सवारी प्रभु द्वारिकाधीश मंदिर से रवाना होकर मंदिर मार्ग, रेती मोहल्ला, नया बाजार, चौपाटी और सब्जी मंडी से गुजरते हुए मेला ग्राउंड बालकृष्ण स्टेडियम पहुंची। मार्ग में शहर और आसपास के क्षेत्रों से बड़ी संख्या में लोग गुलाबी परिधान में सवारी देखने के लिए मौजूद रहे। स्टेडियम में पूजा और घूमर नृत्य स्टेडियम में महिलाओं ने गणगौर-इसर की पूजा-अर्चना की और पारंपरिक घूमर नृत्य किया। उन्होंने अखंड सुहाग के लिए प्रार्थना की। सवारी में झांकियां और बैंड रहे शामिल शाही सवारी में ऊंट-घोड़ों पर सजे युवक-युवतियां, बैंड वादन और भगवान के विभिन्न स्वरूपों की झांकियां शामिल रहीं। कार्यक्रम में शिव तांडव नृत्य, गौ माता की झांकी, पंजाबी बैंड और मध्यप्रदेश के कलाकारों द्वारा आदिवासी नृत्य प्रस्तुत किए गए। विधायक भी सवारी में शामिल हुईं इस दौरान विधायक दीप्ति माहेश्वरी सवारी में शामिल हुईं। उन्होंने बालिकाओं पर पुष्पवर्षा कर शहरवासियों को शुभकामनाएं दीं।
छत्तीसगढ़ के बिलासपुर में बीच बाजार पुरुष और महिलाओं के दो गैंग में विवाद के बाद जमकर मारपीट हो गई। इस दौरान दोनों पक्ष एक-दूसरे पर लात-घूंसे चलाते रहे। वहीं महिलाएं बाल पकड़कर घसीटती रहीं। ग्राहक और दुकानदार के बीच मारपीट का वीडियो भी सामने आया है, जो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। घटना रविवार की रात सिटी कोतवाली थाना क्षेत्र की है। दरअसल हर रविवार को बिलासपुर के रिवर व्यू रोड पर संडे मार्केट लगता है। राजीव गांधी चौक निवासी नरेंद्र तेंदुलकर भी वहां बैग की दुकान लगाता है। शाम करीब 7 बजे चंद्रकुमार अपनी पत्नी के साथ खरीदारी करने पहुंचा। इस दौरान दुकानदार की पत्नी को शक हुआ कि चंद्रकुमार के साथ आई महिला ने चुपके से बैग को अपने थैले में रख ली है। दुकानदार की पत्नी ने पूछताछ की तो महिला ने बैग रखने से इनकार कर दिया। फिर झूठा आरोप लगाने को लेकर विवाद शुरू कर दी। देखिए पहले ये तस्वीरें- मुक्का मारने पर भड़का दुकानदार विवाद के दौरान चंद्रकुमार ने दुकानदार नरेंद्र तेंदुलकर के चेहरे पर एक मुक्का जड़ दिया, जिसके बाद विवाद और भी बढ़ गया। देखते ही देखते दोनों पक्षों के बीच जमकर लात-घूंसे चलने लगे। महिलाओं ने भी सड़क पर एक-दूसरे के साथ झूमाझटकी और मारपीट शुरू कर दी। दोनों पक्षों में चले जमकर लात-घूंसे दुकानदार की पत्नी ने बैग चोरी करने की आशंका जताई। इसी बात को लेकर दोनों पक्षों के बीच बहस शुरू हो गई। अचानक चंद्रकुमार और उसकी पत्नी आक्रोशित हो गए और चोरी का आरोप लगाने पर दुकानदार की पत्नी पर भड़क गए। देखते ही देखते विवाद इतना बढ़ा कि उनके बीच मारपीट शुरू हो गई। नरेंद्र तेंदुलकर का आरोप है कि पहले उसके ऊपर हाथ उठाया गया और जान से मारने की धमकी भी दी गई। महिलाओं ने एक-दूसरे का बाल पकड़कर घसीटा इस दौरान दोनों पक्षों ने एक-दूसरे पर लात-घूंसे बरसाए और जमीन पर पटक-पटककर मारपीट की। वहीं युवतियों के बीच भी जमकर हाथापाई हुई, उन्होंने एक-दूसरे के बाल पकड़कर घसीटा। बीच बाजार हुई इस मारपीट से अफरा-तफरी मच गई। सोशल मीडिया में वायरल हुआ वीडियो वीडियो में साफ देखा जा सकता है कि मामूली बहस से शुरू हुआ विवाद मारपीट में बदल गया, जिसके बाद दोनों पक्ष एक-दूसरे पर हाथ-मुक्का और लात-घूंसे चलाने लगे। महिलाएं भी आपस में बाल खींचकर मारपीट करती नजर आ रही हैं। दुकानदार की शिकायत पर केस दर्ज सोशल मीडिया में वीडियो वायरल होने के बाद दुकानदार नरेंद्र तेंदुलकर ने कोतवाली थाने में शिकायत की, जिस पर पुलिस ने आरोपी चंद्रकुमार के खिलाफ मारपीट का मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। ………………… इससे संबंधित यह खबर भी पढ़िए… LPG ऑफिस में डिलीवरी बॉय को लात-घूंसों से पीटा...VIDEO: साइड देने को लेकर हुई थी कहासुनी, बोला-मेरा नाम रिहान खान, कोई कुछ नहीं बिगाड़ सकता छत्तीसगढ़ के रायगढ़ जिले में LPG गैस ऑफिस में घुसकर युवक ने डिलीवरी बॉय की पिटाई कर दी। दरअसल, डिलीवरी बॉय की मोटरसाइकिल चालक के साथ साइड देने को लेकर मामूली कहासुनी हो गई। विवाद के बाद डिलीवरी बॉय जब ऑफिस पहुंचा, तो वही मोटरसाइकिल चालक उसका पीछा कर ऑफिस में घुस आया और गाली-गलौज करते हुए उसपर हमला कर दिया। पढ़ें पूरी खबर…
मैहर जिले में सतना से रामनगर जा रही एक बस में सोमवार को महिला यात्री से अश्लील हरकत का मामला सामने आया है। पीड़िता के विरोध और वीडियो सबूत के आधार पर पुलिस ने आरोपी के खिलाफ केस दर्ज कर लिया है। आरोपी की पहचान अमरपाटन पीजी कॉलेज में पदस्थ असिस्टेंट प्रोफेसर आलोक सिन्हा के रूप में हुई है। पुलिस के मुताबिक, पीड़िता सतना से बस में सवार हुई थी। सफर के दौरान भटनवारा के पास बगल की सीट खाली हुई, जिस पर प्रोफेसर आलोक सिन्हा आकर बैठ गया। शुरुआत में उसने महिला से बातचीत करने की कोशिश की। कुछ देर बाद अश्लील हरकतें करने लगा। महिला ने हिम्मत दिखाते हुए इन हरकतों को अपने मोबाइल फोन में रिकॉर्ड कर लिया। बस के अमरपाटन पहुंचते ही वह सीधे थाने पहुंची और शिकायत दर्ज कराई। बताया जा रहा है कि आरोपी ने पहले महिला पर समझौते का दबाव बनाया, लेकिन जब वह नहीं मानी तो उसे जान से मारने की धमकी देकर मौके से फरार हो गया। पुलिस को वीडियो रिकॉर्डिंग सौंपी अमरपाटन थाना प्रभारी विजय सिंह परस्ते ने बताया कि पीड़िता की शिकायत पर तुरंत कार्रवाई करते हुए आरोपी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की धारा 74 और 351(3) के तहत केस दर्ज किया गया है। महिला से वीडियो रिकॉर्डिंग को साक्ष्य के रूप में लिया गया है। फिलहाल पुलिस आरोपी की तलाश में जुटी है। ऐसे हुई आरोपी की पहचान महिला ने बताया कि जब आरोपी उसके साथ बैठकर सफर कर रहा था, तब उसने बताया था कि उसका नाम आलोक सिन्हा और वह अमरपाटन पीजी कॉलेज में असिस्टेंट प्रोफेसर है। जब वह कॉलेज के बाहर उतरा तो बस में सफर कर रहे छात्रों से उसके बारे में पूछा। उन्होंने मोबाइल में आलोक सिंह के फोटो दिखाए। इसके बाद पुलिस ने नामजद FIR की। प्रिंसिपल से कर चुका मारपीट बताया जा रहा है कि असिटेंट प्रोफेसर आलोक सिन्हा पहले कॉलेज के प्रभारी प्राचार्य डॉ. एसपी सिंह के साथ मारपीट भी कर चुका। उस पर अमरपाटन थाने में एफआईआर हुई थी। इसकी जानकारी उच्च शिक्षा विभाग के आयुक्त को भेजी गई थी। सेशनल कॉपी जमा नहीं करने के आरोप एक सप्ताह पहले अमरपाटन के सरकारी कॉलेज में जमकर बवाल हुआ था, जिसमें रसायन शास्त्र के सहायक प्राध्यापक आलोक सिन्हा पर छात्राओं ने बदतमीजी करने और सेशनल कॉपी जमा नहीं करने के आरोप लगाए थे। विवाद इतना बढ़ गया था कि प्रोफेसर और छात्राओं के बीच सरेराह झड़प भी हुई थी। इसी बीच कॉलेज के प्राचार्य को बीच बचाव में आना पड़ा था, तब मामला शांत हुआ। ……………… यह खबर भी पढ़ें… अमरपाटन कॉलेज में असिस्टेंट प्रोफेसर ने की छात्रों से अभद्रता मैहर जिले के शासकीय महाविद्यालय अमरपाटन में सोमवार को छात्रों और सहायक प्राध्यापक के बीच जमकर विवाद हुआ। रसायन शास्त्र के सहायक प्राध्यापक डॉ. आलोक सिन्हा पर छात्राओं ने बदतमीजी करने और सेशनल कॉपी जमा न करने के गंभीर आरोप लगाए हैं। यह विवाद इतना बढ़ गया कि प्रोफेसर और छात्राओं के बीच तीखी बहस हुई, जिससे कॉलेज परिसर में हंगामा हो गया। पढ़ें पूरी खबर
प्रदेश में पिछले दिनों हुए मौसम में बदलाव के बाद अब गर्मी बढ़ने की संभावना है। फिलहाल प्रदेश के कई हिस्सों में पारा सामान्य से 2 से 4 डिग्री नीचे बना हुआ है। लेकिन अगले 3 दिनों में अधिकतम तापमान में 2 से 4 डिग्री तक बढ़ने की संभावना है। अब ड्राई मौसम के कारण सूरज के तेवर तीखे होने शुरू हो जाएंगे। पिछले 24 घंटों की बात की जाए तो उत्तर छत्तीसगढ़ के अंबिकापुर में न्यूनतम तापमान गिरकर 13 डिग्री सेल्सियस पर पहुंच गया, जो पूरे प्रदेश में सबसे कम रहा। वहीं दूसरी ओर राजनांदगांव जिले में दोपहर की गर्मी सबसे ज्यादा महसूस की गई, जहां अधिकतम तापमान 37.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। कोंडागांव में देखने को मिला शिमला-मनाली जैसा नजारा इससे पहले शनिवार को कोंडागांव जिले में शिमला-मनाली जैसा नजारा दिखा। जिले में जमकर ओले गिरे। बड़ेराजपुर विकासखंड के टेवंसा, छोटेराजपुर, पाडोकी और बड़ेराजपुर गांवों के खेतों में बर्फ की मोटी चादर बिछ गई। ओलावृष्टि से फसलों को नुकसान हुआ है। वहीं, जशपुर जिले के दुलदुला में बिजली गिरने से मजदूर सनऊ राम (51) की मौत हो गई, जबकि 25 वर्षीय रेखा घायल हो गईं। दूसरी ओर रायगढ़ में बिलासपुर जलाशय का गेट टूटने से पानी NH और पास के खेतों में फैल गया। बारिश और ओलावृष्टि की कुछ तस्वीरें देखिए- रायपुर में अब बढ़ेगी तपिश रायपुर के लिए मौसम विभाग का अनुमान है कि आज (सोमवार) को आसमान मुख्य रूप से साफ रहेगा। शहर का अधिकतम तापमान 36 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 21 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने की उम्मीद है। बादल छंटने के कारण अब लोगों को दोपहर में तेज धूप का सामना करना पड़ेगा। अगले 5 दिनों के लिए मौसम का पूर्वानुमान मौसम विज्ञानियों के मुताबिक, प्रदेश में फिलहाल कोई मजबूत सिस्टम सक्रिय नहीं है। इस वजह से अगले 5 दिनों तक तापमान में क्रमिक वृद्धि होगी। 5 दिनों के बाद तापमान में स्थिरता आने की संभावना है, लेकिन तब तक गर्मी का अहसास काफी बढ़ चुका होगा। आज मौसम पूरी तरह शुष्क रहेगा और लू जैसी स्थिति फिलहाल नहीं बनेगी।
बीकानेर शहर में सोमवार रात पेट्रोल पंपों पर अचानक भारी भीड़ देखने को मिली। बड़ी संख्या में लोग अपनी बाइक और अन्य वाहनों के साथ पेट्रोल भरवाने के लिए पंपों पर पहुंचे। हालात ऐसे रहे कि कई जगह लंबी कतारें लग गई हैं और ट्रैफिक का दबाव भी बढ़ गया है। इतना ही नहीं अधिकांश पेट्रोल पंप संचालक भीड़ से इतना घबराए कि पंप बंद करके ही चले गए। परेशान वाहन चालक पंप के आगे से ही वापस लौटे। उधर, जिला प्रशासन ने साफ किया है कि न तो पेट्रोल-डीजल की सप्लाई बंद हुई है और न पंप करने के कोई आदेश दिए गए हैं। पंप संचालकों को उधार के बजाय अब एडवांस भुगतान पर ही पेट्रोल डीजल दिया जाएगा। दरअसल पेट्रोल की सप्लाई बंद होने की आशंका के चलते लोग घबराहट में ईंधन भरवाने के लिए निकल पड़े हैं। इसी वजह से शहर के अधिकांश पेट्रोल पंपों पर दोपहिया और बड़े वाहनों की भारी भीड़ नजर आ रही है। नत्थूसर गेट से आगे नीलकंठ पेट्रोल पंप समय से पहले बंद हो गया। इसके अलावा मुरलीधर व्यास नगर स्थित पेट्रोल पंप पर भारी भीड़ होने के कारण पुलिस को बुलाना पड़ा। ये पंप भी बाद में बंद कर दिया गया। जस्सूसर गेट स्थित सारण पेट्रोल पंप भी भीड़ को देखते हुए समय से पहले बंद हुआ। इसके अलावा हेड पोस्ट ऑफिस के पास भी पंप रात को बंद रहा। हालांकि जैसलमेर रोड पर स्थित डूडी पेट्रोल पंप पर रात बारह बजे बाद भी पेट्रोल दिया जा रहा था । यहां भारी भी नेशनल हाइवे तक पहुंच गई। प्रशासन ने कहा, पेट्रोल-डीजल की आपूर्ति जारी ज़िले में डीजल एवं पेट्रोल की उपलब्धता को लेकर जिला प्रशासन ने स्थिति स्पष्ट करते हुए कहा है कि ज़िले में पेट्रोल और डीजल की किसी प्रकार की कोई कमी नहीं है, पर्याप्त मात्रा में ईंधन उपलब्ध है। जिला कलेक्टर नम्रता वृष्णि ने भी आमजन से अपील करते हुए कहा है कि वे किसी भी प्रकार की अफवाहों पर ध्यान न दें तथा बिना आवश्यकता के ईंधन का अनावश्यक भंडारण न करें। प्रशासन स्थिति पर सतत निगरानी रख रहा है। जिला रसद अधिकारी (डीएसओ) श्री नरेश शर्मा ने बताया कि ज़िला मुख्यालय पर 35 तथा पूरे ज़िले में लगभग 250 पेट्रोल पंप संचालित हो रहे हैं, जहां नियमित रूप से डीजल एवं पेट्रोल की आपूर्ति की जा रही है। उन्होंने कहा कि आमजन को घबराने की आवश्यकता नहीं है। अब पेट्रोल पंप संचालकों को उधार बंद जिले में ऑयल कंपनियों के अधिकारियों ने बताया कि तीनों पेट्रोलियम कंपनियों आईओसीएल, बीपीसीएल और एचपीसीएल द्वारा क्रूड ऑयल के प्राइज़ अंतराष्ट्रीय बाज़ार में बढ़ने से डीलर्स को उधार (क्रेडिट) पर डीजल-पेट्रोल देने की व्यवस्था बंद की गई है। उधार देने के बजाय इसको एडवांस में कन्वर्ट किया गया है । इसके चलते कुछ पेट्रोल पंप संचालक अग्रिम भुगतान (एडवांस) के अभाव में ईंधन नहीं मंगा पा रहे हैं, जिससे कुछ स्थानों पर भ्रम की स्थिति उत्पन्न हो गई है। उन्होंने स्पष्ट किया कि पेट्रोलियम कंपनियों के पास देश भर के लिए अगले तीन महीनों तक का डीजल एवं पेट्रोल का पर्याप्त स्टॉक उपलब्ध है और आपूर्ति में कोई बाधा नहीं है।
अजमेर नगर निगम की ओर से जारी फर्जी पट्टे मामले में जांच रिपोर्ट तैयार कर ली गई है। इस मामले में नगर निगम अफसरों की मिलीभगत व लापरवाही उजागर हुई है। अब स्वायत्त शासन विभाग इस मामले में कार्रवाई करेगा। शिव विधायक रविन्द्र भाटी की ओर से मामला उठाने के बाद स्वायत्त शासन मंत्री झाबरसिंह खर्रा के निर्देश पर अजमेर कलेक्टर लोकबंधु ने जांच अतिरिक्त जिला कलेक्टर (शहर) नरेन्द्र कुमार मीणा से कराई। सूत्रों के अनुसार जांच में पाया कि अफसरों ने पट्टे जारी करने से पहले विधिक शाखा से जरूरी जानकारी नहीं ली। रेवेन्यू रिकार्ड को भी नजरअंदाज किया, जबकि ये जमीन सरकारी थी। पट्टा जारी करने के लिए सबूत के तौर पर पहले के पानी, बिजली के कोई बिल नहीं लिए। मौके पर भी कोई निर्माण नहीं था। जिससे कब्जा सिद्ध हो सके। ऑफलाइन में पट्टे का आवेदन रद्द होने के बाद शहरी सेवा शिविर में पट्टे के लिए फर्जी दस्तावेजों के साथ ऑनलाइन आवेदन करने पर नियम विरूद्ध पट्टा जारी किया गया। डिप्टी कमिश्नर सहित 4 को किया था APO 5 मार्च को शिव विधायक रविन्द्र भाटी ने ध्यानाकर्षण प्रस्ताव के जरिए अजमेर नगर निगम में झूठे शपथ पत्र पर फर्जी पट्टा जारी करने का मामला उठाया था। इस पर स्वायत शासन राज्य (UDH) मंत्री झाबर सिंह खर्रा ने नगर निगम के डिप्टी कमिश्नर (उपायुक्त) कीर्ति कुमावत, नियोजक सुरेश चौधरी, सहायक अभियंता राजेश मीणा, कार्यालय सहायक सादिक हुसैन सहित 4 को एपीओ कर दिया। साथ ही इस फर्जी पट्टा प्रकरण की जांच अजमेर जिला कलक्टर को अपनी निगरानी में अतिरिक्त जिला कलक्टर से कराने के आदेश दिए थे। ये था मामला अजमेर के वैशाली नगर रोड सर्किट हाउस के नीचे नगर निगम की ओर से नजमा बेगम के नाम पट्टा जारी करने का मामला था। ग्राम थोक मालियान के खसरा संख्या 2227 की भूमि यूआईटी ने 1971 में अधिग्रहित की थी। इसके बावजूद झूठे शपथ पत्र के आधार पर पट्टा जारी करने का प्रयास किया। शिकायत के बाद 2020 में बनाया गया अस्थायी नक्शा निरस्त कर दिया। 31 जनवरी 2026 को निगम ने पट्टा जारी किया और 2 फरवरी 2026 को जारी पट्टा रद्द कर दिया। …………. पढें ये खबर भी… अजमेर नगर निगम के डिप्टी कमिश्नर सहित 4 APO:UDH मंत्री खर्रा ने की घोषणा-कलेक्टर करेंगे जांच; शिव विधायक ने उठाया था मुद्दा अजमेर नगर निगम में नियम के विरूद्ध पट्टे जारी करने का मामला सामने आया है। इस पर बाड़मेर के शिव विधायक रविन्द्रसिंह भाटी ने सदन में ध्यानाकर्षण प्रस्ताव पर लगाया। भाटी ने तीन माह में जारी किए गए सभी पट्टों की जांच कर इसमें शामिल अधिकारियों पर कार्रवाई की मांग की। इस पर जवाब देते हुए यूडीएच मंत्री झाबरसिंह खर्रा ने फर्जी पट्टा जारी करने के मामले में उपायुक्त विकास, वरिष्ठ प्रारूपकार, कनिष्ठ अभियंता सिविल और कनिष्ठ सहायक को एपीओ को कर दिया। वहीं, पिछले छह माह में जारी किए गए पट्टों की अजमेर कलेक्टर लोकबंधु को दो सप्ताह में जांच कर तथ्यात्मक रिपोर्ट भेजने के निर्देश दिए। पूरी खबर पढें
चंडीगढ़ के सांसद मनीष तिवारी ने सोमवार को सुखना लेक की स्थिति को लेकर गंभीर चिंता जताते हुए कहा कि यदि हालात ऐसे ही बने रहे तो आने वाले 20 वर्षों में यह प्रमुख पर्यटन स्थल पूरी तरह समाप्त हो सकता है। उन्होंने संसद में यह मुद्दा उठाते हुए केंद्र सरकार से तत्काल ठोस कदम उठाने की मांग की। सांसद तिवारी ने बताया कि पिछले 68 वर्षों में सुखना लेक का करीब 56 प्रतिशत क्षेत्रफल खत्म हो चुका है। उन्होंने कहा कि लगातार सिल्ट जमने और उचित संरक्षण न होने के कारण झील सिकुड़ती जा रही है। उन्होंने इस मामले को गंभीर बताते हुए कहा कि यह केवल पर्यावरण ही नहीं, बल्कि चंडीगढ़ की पहचान से भी जुड़ा विषय है। इसके बावजूद संबंधित एजेंसियां प्रभावी कदम उठाने में विफल रही हैं। केंद्र सरकार को दिया ध्यान देने का आग्रह तिवारी ने कहा कि इस मुद्दे पर केंद्र सरकार को संवेदनशीलता के साथ ध्यान देने की आवश्यकता है। उन्होंने बताया कि यह मामला संबंधित मंत्रालय के समक्ष रखा गया है और उचित कार्रवाई के निर्देश भी दिए गए हैं। उन्होंने यह भी कहा कि सुप्रीम कोर्ट पहले ही प्रशासन को इस संबंध में निर्देश दे चुका है, लेकिन जमीनी स्तर पर अपेक्षित सुधार नजर नहीं आ रहा। सांसद मनीष तिवारी ने गवर्नमेंट मेडिकल कॉलेज एंड हॉस्पिटल (जीएमसीएच-32) में वेंटिलेटर की खराब स्थिति का मुद्दा भी उठाया। 99 में से केवल 35 वेंटिलेटर ही चालू सांसद ने बताया कि अस्पताल में कुल 99 वेंटिलेटर उपलब्ध हैं, लेकिन इनमें से केवल 35 ही कार्य कर रहे हैं, जबकि 64 वेंटिलेटर बंद पड़े हैं। सांसद ने केंद्र के स्वास्थ्य मंत्रालय से सवाल किया कि कोविड-19 के दौरान उपलब्ध कराए गए वेंटिलेटरों में से इतने बड़े स्तर पर मशीनें क्यों काम नहीं कर रही हैं। तिवारी ने कहा कि अस्पताल में वेंटिलेटर की भारी कमी के कारण मरीजों को गंभीर दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। कई मामलों में परिजनों को वेंटिलेटर की व्यवस्था के लिए संघर्ष करना पड़ता है। उन्होंने यह भी बताया कि अस्पताल में दो-तिहाई वेंटिलेटर खराब पड़े हैं, जबकि उनकी मरम्मत के लिए पर्याप्त संसाधन उपलब्ध होने चाहिए थे। सांसद ने मांग की कि खराब पड़े वेंटिलेटरों को जल्द से जल्द ठीक कराया जाए, ताकि मरीजों को समय पर इलाज मिल सके। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि इस दिशा में तुरंत कदम नहीं उठाए गए तो स्थिति और गंभीर हो सकती है।
सीहोर के 258 गांवों में जल संकट की आशंका:पानी बचाने के लिए 31 जुलाई तक पेयजल परिरक्षण अधिनियम लागू
सीहोर में बढ़ते पेयजल संकट के बीच कलेक्टर बालागुरु के. के निर्देश पर पेयजल परिरक्षण अधिनियम लागू किया गया है, जो 31 जुलाई तक प्रभावी रहेगा, ताकि गर्मी में पानी की उपलब्धता बनी रहे और अपव्यय रोका जा सके। जल संकट के बीच बड़ा फैसला सीहोर जिले में पेयजल संकट गहराने के बीच प्रशासन ने बड़ा कदम उठाते हुए पेयजल परिरक्षण अधिनियम लागू कर दिया है। यह अधिनियम कलेक्टर बालागुरु के. के निर्देशानुसार लागू किया गया है, जो 31 जुलाई तक पूरे जिले में प्रभावी रहेगा। इसका मुख्य उद्देश्य गर्मी के मौसम में पेयजल की उपलब्धता सुनिश्चित करना और पानी के दुरुपयोग को रोकना है। 258 गांवों को किया चिन्हित लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी (पीएचई) विभाग ने ग्रीष्मकाल को देखते हुए पहले से ही कार्ययोजना तैयार कर ली थी। इस योजना के तहत जिले में 258 ऐसे ग्राम और बसाहटों को चिन्हित किया गया है, जहां गर्मी के दौरान पेयजल संकट की स्थिति बन सकती है। हैंडपंपों में बढ़ाई गई क्षमता चिन्हित गांवों में जल उपलब्धता बढ़ाने के लिए कई तकनीकी उपाय किए गए हैं। 58 ग्रामों में पहले से स्थापित 102 हैंडपंपों में कुल 612 मीटर राइजर पाइप बढ़ाए गए हैं, जिससे पानी की उपलब्धता बेहतर हो सके। इसके अलावा 30 बसाहटों में नए हैंडपंप स्थापित किए गए हैं। साथ ही 75 बसाहटों में सिंगल फेस मोटर पंप लगाए गए हैं, ताकि लोगों को नियमित रूप से पानी मिल सके। हाइड्रो फ्रैक्चरिंग से बढ़ाई जल आवक 95 बसाहटों में हाइड्रो फ्रैक्चरिंग का कार्य किया गया है। इस प्रक्रिया से नलकूपों की जल आवक क्षमता बढ़ाई गई है, जिससे अधिक मात्रा में पानी उपलब्ध हो सके। जिले में जिन नलकूपों में पानी भरा हुआ था, उनकी सफाई कराकर उन्हें फिर से उपयोग में लाया गया है। इससे जल आपूर्ति व्यवस्था को मजबूत करने में मदद मिली है। हजारों स्रोतों से हो रही जल आपूर्ति वर्तमान में जिले के ग्रामीण क्षेत्रों में 8830 हैंडपंपों के माध्यम से पानी उपलब्ध कराया जा रहा है। इसके अलावा 299 एकल नलजल प्रदाय योजनाएं और 200 ग्रामों में समूह नलजल प्रदाय योजनाएं भी संचालित हैं, जिनसे लोगों तक पेयजल पहुंचाया जा रहा है। नियंत्रण कक्ष बनाए गए पेयजल संकट से निपटने के लिए जिला और उपखंड स्तर पर नियंत्रण कक्ष स्थापित किए गए हैं। यहां से लगातार निगरानी की जा रही है और किसी भी गांव से पानी की समस्या की सूचना मिलने पर तुरंत कार्रवाई की जा रही है। कलेक्टर बालागुरु के. के निर्देश पर पेयजल के अपव्यय को रोकने के लिए सख्त कदम उठाए जा रहे हैं। पेयजल परिरक्षण अधिनियम लागू होने के बाद अब पानी की बर्बादी करने वालों पर कार्रवाई की जाएगी।
राज्यसभा चुनाव में क्रॉस वोट करने का मामला इन दिनों काफी चर्चाओं में हैं। क्रॉस वोट करने वाले विधायकों के नाम उजागर हो गए, लेकिन कैंसिल हुए विधायकों के नाम जारी नहीं किए गए। इसी पर सियासी रार छिड़ी है। सभी पार्टी नेता इसी बात पर तंज कस रहे हैं। इसी पर सिरसा से कांग्रेस विधायक गोकुल सेतिया की प्रतिक्रिया आई है। विधायक सेतिया ने सोशल मीडिया पर नई पोस्ट शेयर की है, जिसमें लिखा है कि पार्टी अगर नेमा धर्मी कराए 4 कैंसिल वोटों के लिए तो सबसे पहले उसके लिए सिरसा का विधायक गोकुल सेतिया तैयार। यह उन विधायकों पर कटाक्ष किया गया है, जिनका नाम पार्टी ने नहीं लिया है। ऐसे में सीधा तौर पर मांग है कि पार्टी से ये मांग है कि उन विधायकों का नाम भी उजागर किया जाए। वहीं, विधायक गोकुल आज मंगलवार को शहर में रानियां रोड स्थित सेतिया आवास पर जनता दरबार में आमजन से रूबरू होंगे और जनसमस्याएं सुनेंगे। इसे लेकर विधायक ने जनता दरबार के बारे में समर्थकों को आगाह किया जाए। ऐसे में काफी संख्या में लोग आज अपनी समस्या लेकर विधायक से मिलेंगे। विधायक की पोस्ट पर समर्थकों के मिलेजुले कमेंट विधायक गोकुल सेतिया की पोस्ट पर समर्थकों के मिले-जुले कमेंट है, जिसमें लिखा-क्या ये नेमा धर्मी राजनीति में सही है। नेमा धर्मी सही है, पर आपकी अपनी राजनीति में नीयत साफ है और समाज से जुड़े हैं। कुछ ने कमेंट में ये भी लिखा है कि वहीं है पंज प्यारे। कुछ लोगों ने पिता-पुत्र हुड्डा की भी इस षडयंत्र के पीछे की भूमिका बताया है। अभय चौटाला क्रॉस वोट व कैंसिल वोट के लिए कांग्रेस पर साध चुके निशाना इनेलो सुप्रीमो अभय सिंह चौटाला ने भी कल सोमवार को जींद के नरवाना रैली के दौरान राज्यसभा चुनाव को लेकर कांग्रेस व पूर्व सीएम भूपेंद्र सिंह हुड्डा पर निशाना साधा था। अभय चौटाला ने कहा था-कांग्रेस के 5 नहीं 9 विधायकों ने बीजेपी को वोट दिया है। 5 ने सीधा क्रॉस वोट किया और 4 के वोट कैंसिल हुए। पार्टी ने हुड्डा को 37 वोट डलवाने की ही जिम्मेदारी दी थी, पर वो 37 वोट ही देख नहीं पाए। जब हर विधायक को वोट दिखाकर डालना होता है, चाहे वह किसी और पार्टी को डाले, नहीं तो वोट कैंसिल हो जाता है। हुड्डा को उसी वक्त पता चल गया था, पर किसी का नाम नहीं बताया। क्रॉस वोट डालने वाले 5 विधायकों के नाम ही उजागर किए हैं। वहीं, अभय चौटाला विधायक गोकुल सेतिया द्वारा अंतरात्मा से वोट देने के बयान पर भी तंज कसा था कि वो तो शाम 5 बजे के बाद पता चल जाएगा कि अंतरात्मा किसी भटकी है। इसी पर विधायक सेतिया ने भी जवाब देते हुए पोस्ट डाली कि वो तो समय बताएगा अभय अंकल।
सीहोर में सूने मकान में चोरी का खुलासा:4 आरोपी गिरफ्तार, 8 लाख रुपए का सामान जब्त
सीहोर की नेहरू कॉलोनी में 18-19 सितंबर की रात सूने मकान में हुई चोरी का पुलिस ने खुलासा करते हुए चार आरोपियों को गिरफ्तार किया, जिन्होंने रेकी कर ताला तोड़कर जेवरात और नगदी चोरी की थी, जिनके पास से करीब 8 लाख रुपये का माल बरामद हुआ है। सूने मकान में चोरी का खुलासा सीहोर पुलिस ने नेहरू कॉलोनी में हुए सूने मकान की चोरी का खुलासा कर दिया है। इस मामले में चार आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है और उनके कब्जे से लगभग 8 लाख रुपये का चोरी का सामान बरामद किया गया है। यह कार्रवाई पुलिस के लिए एक बड़ी सफलता मानी जा रही है, क्योंकि वारदात सुनियोजित तरीके से अंजाम दी गई थी। अधिकारियों के निर्देश पर बनी टीम पुलिस अधीक्षक दीपक कुमार शुक्ला के निर्देश और नगर पुलिस अधीक्षक डॉ. अभिनंदना शर्मा के मार्गदर्शन में थाना कोतवाली प्रभारी के नेतृत्व में एक विशेष टीम गठित की गई थी। इस टीम ने मामले को गंभीरता से लेते हुए लगातार निगरानी और जांच की, जिसके बाद आरोपियों तक पहुंच बनाई गई। घटना की पूरी जानकारी यह चोरी की घटना 18 और 19 सितंबर की दरमियानी रात को नेहरू कॉलोनी निवासी फरियादी के सूने मकान में हुई थी। अज्ञात चोरों ने घर का ताला तोड़कर अंदर प्रवेश किया और सोने-चांदी के जेवरात के साथ नगदी भी चोरी कर ली थी। घटना के बाद फरियादी ने थाना कोतवाली में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। फरियादी की शिकायत पर पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 331(4) और 305(a) के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू की थी। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने हर पहलू से जांच शुरू की। वैज्ञानिक और तकनीकी जांच से मिली सफलता विवेचना के दौरान पुलिस टीम और एफएसएल टीम ने घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण किया। पुलिस ने अपने मुखबिर तंत्र को सक्रिय किया और साथ ही वैज्ञानिक साक्ष्यों तथा तकनीकी विश्लेषण का सहारा लिया। कई संदिग्धों से पूछताछ की गई, जिसके बाद मामले की कड़ी जुड़ती चली गई। चार आरोपी गिरफ्तार गहन जांच के बाद पुलिस ने चार आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान असलम अंसारी, शाहिद अंसारी, फरजाना पठान और अब्दुल सलाम के रूप में हुई है। सभी आरोपी अलग-अलग स्थानों के निवासी हैं। 8 लाख रुपए का सामान बरामद पुलिस ने आरोपियों के पास से चोरी किया गया सामान और नगदी बरामद की है। जब्त किए गए सामान में एक सोने का हार, दो सोने की कान की चेन, दो सोने के टॉप्स, तीन सोने की अंगूठी, दो सोने की नथ, एक सोने का टीका और दो सोने के कंगन शामिल हैं। इसके अलावा नगदी भी बरामद की गई है। कुल बरामद माल की कीमत लगभग 8 लाख रुपये आंकी गई है। रेकी कर करते थे चोरी पूछताछ के दौरान आरोपियों ने कबूल किया कि वे पहले सूने मकानों की रेकी करते थे। इसके बाद मौका मिलते ही ताला तोड़कर घर में घुसते और सोने-चांदी के जेवरात व नगदी चोरी कर फरार हो जाते थे। फिलहाल पुलिस आरोपियों से और पूछताछ कर रही है, ताकि यह पता लगाया जा सके कि उन्होंने और किन-किन जगहों पर वारदात को अंजाम दिया है। पुलिस अन्य संभावित मामलों की भी जांच कर रही है।
सतना में ट्रैक्टर चोरी का खुलासा:रीवा से 4 आरोपी गिरफ्तार, वाहन और बाइक जब्त
सतना जिले की रामपुर बाघेलान थाना पुलिस ने 11 दिन के भीतर ट्रैक्टर चोरी की वारदात का खुलासा किया है। पुलिस ने रीवा से चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। उनके कब्जे से चोरी का ट्रैक्टर और वारदात में इस्तेमाल की गई बाइक जब्त की गई है। टीआई संदीप चतुर्वेदी ने बताया कि 13 मार्च को रघुनाथपुर निवासी रामबहादुर (52) ने अपना ट्रैक्टर (एमपी 19 जेडसी 7613) ट्रॉली समेत घर के बगल में बने गैराज में खड़ा किया था। देर रात अज्ञात बदमाशों ने ट्रैक्टर-ट्रॉली चोरी कर ली थी। पीड़ित ने अगले दिन थाने में शिकायत दर्ज कराई, जिसके बाद पुलिस ने जांच शुरू की। पुलिस ने मुखबिरों को सक्रिय करने के साथ-साथ साइबर सेल की भी मदद ली। साइबर सेल से मिले अहम सुरागों के आधार पर आरोपियों की पहचान की गई। पुलिस ने अमन (26), सविनय उर्फ सनी (21), साहिल उर्फ आदित्य (21) (सभी निवासी हरिहरपुर, थाना सगरा) और सौरभ विश्वकर्मा (23) (निवासी मढ़ीखुर्द, थाना मनगवां, जिला रीवा) को हिरासत में लिया। पूछताछ के दौरान आरोपियों ने अपना जुर्म कबूल कर लिया। आरोपियों की निशानदेही पर पुलिस ने साढ़े चार लाख रुपए कीमत का चोरी का ट्रैक्टर और वारदात में इस्तेमाल की गई 30 हजार रुपए की बाइक बरामद की। हालांकि, चोरी हुई ट्रॉली अभी तक नहीं मिली है। सभी आरोपियों को सोमवार को न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया। पुलिस अब आरोपियों का आपराधिक रिकॉर्ड खंगाल रही है।
फतेहाबाद जिले के भट्टू कलां स्थित मॉडल टाउन के 75 वर्षीय रिटायर्ड फार्मासिस्ट साइबर ठगी का शिकार हो गए। ठगों ने एसबीआई की योनो ऐप अपडेट करने के नाम पर व्हाट्सएप के जरिए APK फाइल भेजकर उनके खाते से 95 हजार रुपए निकाल लिए। अब रिटायर्ड फार्मासिस्ट की शिकायत पर साइबर थाना पुलिस ने केस दर्ज कर जांच शुरू की है। ठगी की शिकार हुए रिटायर्ड फार्मासिस्ट प्रकाश चंद्र ने बताया कि उन्होंने अपने मोबाइल में एसबीआई बैंक की योनो (YONO) ऐप डाउनलोड की हुई है। वह सही तरीके से काम नहीं कर रही थी। इस दौरान उन्होंने फेसबुक पर एक विज्ञापन देखा, जिसमें ऐप अपडेट के लिए फॉर्म भरने को कहा गया था। फॉर्म भरने के कुछ समय बाद उन्हें एक मोबाइल नंबर से कॉल आई। कॉलर ने खुद को बैंक प्रतिनिधि बताते हुए ऐप अपडेट करने की बात कही। व्हाट्सएप फाइल डाउनलोड करते ही हुआ फ्रॉड कॉल करने वाले व्यक्ति ने व्हाट्सएप पर एक APK फाइल भेजी, जिसे डाउनलोड और ओपन करते ही उनका मोबाइल हैक हो गया। इसके बाद उनके एसबीआई बैंक के खाते से अलग-अलग ट्रांजैक्शन के जरिए कुल 95 हजार रुपए निकाल लिए गए। ठगी का पता चलने पर उन्होंने तुरंत साइबर पोर्टल पर शिकायत दर्ज करवाई। इसके बाद साइबर थाने में पहुंच कर उन्होंने अपने बयान दर्ज करवाए। अब साइबर पुलिस ने केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। तकनीकी आधार पर की जा रही जांच-प्रवक्ता पुलिस प्रवक्ता विनोद कुमार ने बताया कि, साइबर ठगी का मामला दर्ज कर लिया गया है। मोबाइल नंबरों और ट्रांजैक्शन डिटेल के आधार पर पुलिस जांच कर रही है। लोगों से अपील है कि किसी भी अनजान लिंक या APK फाइल को डाउनलोड न करें और बैंक से संबंधित जानकारी साझा करने से बचें।
सतना जिले के कोठी थाना क्षेत्र में एक नाबालिग लड़की से छेड़छाड़, मारपीट और जान से मारने की धमकी देने के आरोप में पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए एक व्यक्ति को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। यह घटना रविवार शाम को हुई थी। पुलिस के मुताबिक, आरोपी विक्रम सिंह (24 वर्ष), जो ग्राम इटमा का निवासी है, रविवार शाम को पीड़िता के घर में घुस गया। उसने नाबालिग लड़की से छेड़छाड़ की और जब उसने विरोध किया, तो उसके साथ मारपीट भी की। आरोपी ने पीड़िता को जान से मारने की धमकी भी दी। घटना के बाद पीड़िता की शिकायत पर पुलिस ने तत्काल मामला दर्ज कर जांच शुरू की। आरोपी विक्रम सिंह के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की विभिन्न धाराओं के साथ-साथ पॉक्सो एक्ट की धारा 7/8 के तहत मामला दर्ज किया गया। पुलिस ने आरोपी को सोमवार को गिरफ्तार कर वैधानिक कार्रवाई पूरी की और उसे न्यायालय में पेश किया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया।
रेप के आरोप में पकड़ा गया 5 हजार का इनामी:शादी का वादा कर नाबालिग से करता रहा यौन शोषण
सतना जिले की रामपुर बाघेलान थाना पुलिस ने शादी का वादा कर नाबालिग का दैहिक शोषण करने के आरोप में फरार चल रहे इनामी आरोपी को सोमवार को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। आरोपी पर 5 हजार रुपये का इनाम घोषित था। टीआई संदीप चतुर्वेदी ने बताया कि आरोपी सुनील पुत्र दिलीप यादव (25 वर्ष) ने एक 15 वर्षीय नाबालिग से दोस्ती की थी। उसने नाबालिग से विवाह करने का वादा कर शारीरिक संबंध बनाए। यह सिलसिला काफी समय तक चलता रहा। जब पीड़िता ने रिश्ते के लिए दबाव बनाया, तो आरोपी मुकर गया और उसे धमकाने लगा। इसके बाद पीड़िता ने अपने परिजनों को आपबीती बताई और 5 फरवरी 2026 को थाने में शिकायत दर्ज कराई। प्राथमिक जांच के बाद आरोपी के खिलाफ दुष्कर्म, पॉक्सो और एससी-एसटी एक्ट के तहत मामला दर्ज किया गया। आरोपी गिरफ्तारी से बचने के लिए फरार हो गया था, जिसके बाद पुलिस अधीक्षक हंसराज सिंह ने उसकी गिरफ्तारी के लिए 5 हजार रुपये का इनाम घोषित किया था। लगभग डेढ़ महीने तक चली खोजबीन के बाद मुखबिर की सूचना पर आरोपी सुनील यादव को गिरफ्तार कर लिया गया।
यूपी की बड़ी खबरें:ISIS आतंकी हारिश से ATS करेगी पूछताछ, लखनऊ NIA कोर्ट ने 5 दिन की रिमांड पर सौंपा
लखनऊ में आतंकी गतिविधियों से जुड़े मामले में बड़ी कार्रवाई हुई है। एनआईए कोर्ट ने प्रतिबंधित संगठन ISIS से जुड़े सहारनपुर निवासी हारिश को 5 दिन की रिमांड पर एटीएस को सौंपा है। एजेंसियां उससे नेटवर्क, फंडिंग और अन्य संदिग्धों के बारे में पूछताछ करेंगी। जांच एजेंसियों के मुताबिक हारिश पर इंटरनेट मीडिया के जरिए युवाओं को जिहाद के लिए उकसाने और ISIS की विचारधारा का प्रचार करने का आरोप है। वह सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म के जरिए युवाओं से संपर्क कर उन्हें संगठन से जोड़ने का प्रयास कर रहा था। एटीएस को शक है कि उसके संपर्क में कई और युवक भी थे, जिनकी पहचान की जा रही है। यहां पढ़ें पूरी खबर इलेक्ट्रिशियन बच्चियों से करता था छेड़छाड़, सोनभद्र में 1KM तक पीटते हुए थाने ले गए लोग सोनभद्र में बच्चियों से छेड़छाड़ के आरोपी इलेक्ट्रिशियन को परिजनों और भीड़ ने जमकर पीटा। उसे करीब 1 KM तक पीटते हुए थाने ले गए। आरोपी को भीड़ सड़क पर घसीटती रही। उसे चप्पलों से मारा। आरोप है कि वह घर में बिजली का काम करने आया था। इस दौरान उसने बच्चियों के साथ गलत हरकत की थी। सोमवार को बच्चियों की ट्यूशन टीचर उन्हें गुड टच-बैड टच के बारे में बता रही थीं। इस दौरान दोनों फूट-फूटकर रोने लगी। इसके बाद उसने आपबीती सुनाई। गुस्साए परिजन आरोपी के दुकान पर पहुंचे और उसे पीटना शुरू कर दिया। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। उसके खिलाफ मुकदमा भी दर्ज किया गया है। मामला अनपरा थाना क्षेत्र का है। पढ़ें पूरी खबर… अपर्णा यादव के घर पहुंचीं जया प्रदा, गले लगाया; बंद कमरे में हुई बातचीत लखनऊ में भाजपा नेत्री और मुलायम सिंह यादव की बहू अपर्णा यादव से जया प्रदा ने मुलाकात की। जया प्रदा रविवार शाम अपर्णा के आवास पहुंचीं। अपर्णा ने माथे पर तिलक लगाकर स्वागत किया। जया प्रदा ने हाथ जोड़कर अभिवादन स्वीकार किया। उन्हें गले भी लगाया। सूत्रों के मुताबिक, दोनों के बीच एक घंटे तक बातचीत हुई। किन मुद्दों पर बात हुई, इसकी जानकारी सामने नहीं आई है। हालांकि, इसके सियासी मायने भी निकाले जा रहे हैं। माना जा रहा है कि जया प्रदा चुनाव से पहले फिर एक्टिव हो सकती हैं। जया प्रदा ने रविवार को भाजपा के प्रदेश कार्यालय में भी कई नेताओं से मुलाकात की। दरअसल, जया प्रदा ने आंधप्रदेश से राजनीति में कदम रखा था। उन्होंने 1994 में तेलुगु देशम पार्टी के टिकट से मछलीपट्टनम से लोकसभा चुनाव जीता। 2004 में सपा के दिवंगत नेता अमर सिंह जया प्रदा को यूपी लेकर आए। जया प्रदा ने सपा जॉइन की। 2004 और 2009 में रामपुर लोकसभा सीट से चुनाव लड़ा और जीत दर्ज की। 2014 में सपा छोड़कर राष्ट्रीय लोकदल के टिकट पर चुनाव लड़ीं, लेकिन हार गईं। 2019 में भाजपा जॉइन की। रामपुर से लोकसभा चुनाव लड़ा, लेकिन हार का सामना करना पड़ा। 2019 के बाद जया प्रदा सक्रिय राजनीति से दूर रहीं हैं। मुरादाबाद में DIG पर हमले में 12 दोषी करार: 15 साल बाद आया फैसला, 2011 में भीड़ ने घेरा था मुरादाबाद में साल 2011 में तत्कालीन DIG/SSP रहे IPS अशोक कुमार सिंह पर हुए जानलेवा हमले के मामले में 15 साल बाद कोर्ट का फैसला आया है। कोर्ट ने इस मामले में 12 आरोपियों को दोषी करार दिया है, जबकि सजा पर फैसला अभी बाकी है। यह घटना 6 जुलाई 2011 की है, जब अशोक कुमार सिंह मुरादाबाद में डीआईजी के पद पर तैनात थे। उस दौरान वे हिंसक भीड़ को काबू करने के लिए डीएम की कार से घटनास्थल पर पहुंचे थे। आरोप है कि हालात बिगड़ने पर डीएम वहां से निकल गए और डीआईजी भीड़ के बीच फंस गए। अशोक कुमार सिंह वर्तमान में लखनऊ में अपर पुलिस महानिदेशक (ADG) के पद पर तैनात हैं। पढ़िए पूरी खबर…
कोटा शहर में बिजली की लाइनों के मेंटेनेंस कार्य के चलते आज सुबह से शाम तक कई इलाकों में निर्धारित समय तक बिजली कटौती रहेगी। निजी बिजली कंपनी की ओर से यह शटडाउन लिया गया है ताकि लाइनों और ट्रांसफॉर्मरों का रखरखाव किया जा सके। इस दौरान तकनीकी टीमों द्वारा वायरिंग, पोल और फीडर की जांच का कार्य किया जा रहा है। कंपनी ने नागरिकों से अपील की है कि वे आवश्यक कार्य पहले ही निपटा लें और सहयोग बनाए रखें। मेंटेनेंस पूरा होते ही प्रभावित क्षेत्रों में बिजली आपूर्ति सामान्य कर दी जाएगी। इन इलाकों में की जाएगी बिजली कटौती सुबह 8:30 से दोपहर 12:30 बजे तक:न्यू कॉलोनी गुमानपुरा, पूनम टेंट हाउस के पास, मां कलेक्शन के पास की 4 घंटे बिजली कटौती की जाएगी। सुबह 9 बजे से दोपहर 1 बजे तक: भारत होटल के पास गुमानपुरा, न्यू कॉलोनी, अजमेरी सोडा के आसपास की 4 घंटे बिजली कटौती की जाएगी। सुबह 11 बजे से दोपहर 3 बजे तक: राजीव गांधी नगर प्लॉट 1 से 58, 93 से 128, 202 से 213, 340 से 394 तक, मालखेड़ा होटल, एलन साफल्य, एलन साकार , वक्फ बोर्ड कॉलोनी, अधर शिला इलाकों की 4 घंटे बिजली कटौती की जाएगी। सुबह 10 से दोपहर 2 बजे तक: आस्था नगर, गुरु कृपा कॉलोनी, गुरु गोविंद विहार अपार्टमेंट, गुरु ज्ञान संस, ज्ञान विहार, चौधरी की कोठी के पास, सिल्वर बॉल्स के पास स्कूल, समृद्धि नगर, अभिषेक चौराहा, प्रताप टाउन, गणपति नगर, कृष्णा रेजीडेंसी, लॉर्ड कृष्णा स्कूल, प्रताप रेजीडेंसी, काबरा बस्ती, श्री गिरिराज धाम, श्री नाथ कॉलोनी, गुरुकुल के पास , सोगरिया शमशान, जोगेंद्र एन्क्लेव, ओम वाटिका, बलदेव सिंह, चंद्रा होम्स सोगरिया, महालक्ष्मी कृषि फार्म, चंद्रविला, आनंद विहार सोगरिया कृषि क्षेत्र की 4 घंटे बिजली कटौती की जाएगी। शाम 4 बजे से 5:30 बजे तक: तालाब की पाल, आकाशवाणी कॉलोनी, राजेंद्र विहार, सरस्वती कॉलोनी, अंटाघर चौराहा, एसपी सिटी आॅफिस, पुरी एन्क्लेव, सीसीआई कोचिंग के आसपास का एरिया, गैस गोदाम, विनायक विहार जेडीबी कॉलेज की डेढ़ घंटे बिजली कटौती की जाएगी।
राजस्थान माध्यमिक शिक्षा बोर्ड की ओर से 10वीं का रिजल्ट आज मंगलवार (24 मार्च) को घोषित किया जाएगा। इसके लिए बोर्ड ने सभी तैयारियां पूरी कर ली हैं।ऐसा पहली बार है, जब 10वीं का रिजल्ट 12वीं से पहले जारी हो रहा है। वहीं बोर्ड इतिहास में भी यह पहला मौका है, जब मार्च में रिजल्ट घोषित किया जा रहा है। इस साल बोर्ड की परीक्षाएं 12 फरवरी से शुरू हुई थीं। 28 फरवरी को खत्म हुई दसवीं की परीक्षा में 10 लाख 68 हजार 109 स्टूडेंट्स शामिल हुए थे। पिछले साल रहा था 92.7 प्रतिशत परिणाम पिछले साल जिले का परिणाम 92.7 प्रतिशत रहा था। सत्र 2025-25 में 17995 स्टूडेंट्स ने एग्जाम दिया था। जिनमें से 8364 छात्राएं और 9631 छात्र शामिल थे एप पर पब्लिश होगी स्टूडेंट्स की फोटो दैनिक भास्कर एप पर दसवीं बोर्ड राजस्थान में 95 प्रतिशत या इससे ज्यादा नंबर लाने वाले बच्चों के फोटो, वीडियो के साथ उनके इंटरव्यू भी पब्लिश होंगे। 95 प्रतिशत से ज्यादा नंबर लाने वाले बालोतरा के स्टूडेंट्स अपने फोटो के साथ नाम, मार्कशीट की फोटो और स्कूल का नाम 9352798376 मोबाइल नंबर पर वाट्एऐप करें। 12वीं का रिजल्ट भी इसी महीने बोर्ड की कोशिश है कि 12वीं आट्र्स, साइंस और कॉमर्स का रिजल्ट भी इसी महीने जारी कर दिया जाए। बोर्ड ने इसके लिए भी तैयारी शुरू कर दी है। 12वीं की परीक्षा 11 मार्च तक चली थी। इसमें 9 लाख 10 हजार 9 स्टूडेंट्स बैठे थे। प्रदेश के 6 हजार 170 सेंटर पर एग्जाम हुए थे।
राजस्थान माध्यमिक शिक्षा बोर्ड की ओर से 10वीं का रिजल्ट आज मंगलवार (24 मार्च) को घोषित किया जाएगा। इसके लिए बोर्ड ने सभी तैयारियां पूरी कर ली हैं। ऐसा पहली बार है, जब 10वीं का रिजल्ट 12वीं से पहले जारी हो रहा है। वहीं बोर्ड इतिहास में भी यह पहला मौका है, जब मार्च में रिजल्ट घोषित किया जा रहा है। इस साल बोर्ड की परीक्षाएं 12 फरवरी से शुरू हुई थीं। 28 फरवरी को खत्म हुई दसवीं की परीक्षा में 10 लाख 68 हजार 109 स्टूडेंट्स शामिल हुए थे। 14257 स्टूडेंट्स ने दिया था एग्जाम प्रतापगढ़ में इस सत्र में 14257 स्टूडेंट्स ने एग्जाम दिया था। जिनमें 7242 छात्र और 7015 छात्राएं शामिल है। वहीं 2024-25 सत्र की बात करें तो पिछले साल 14026 स्टूडेंट्स ने एग्जाम दिया था। जिनमें 6990 छात्राएं और 7036 छात्र शामिल थे। 2024-25 में जिले का परिणाम 83.92 प्रतिशत रहा था। एप पर पब्लिश होगी स्टूडेंट्स की फोटो दैनिक भास्कर एप पर दसवीं बोर्ड राजस्थान में 95 प्रतिशत या इससे ज्यादा नंबर लाने वाले बच्चों के फोटो, वीडियो के साथ उनके इंटरव्यू भी पब्लिश होंगे। प्रतापगढ़ जिले में 95 प्रतिशत से ज्यादा नंबर लाने वाले स्टूडेंट्स अपने फोटो के साथ नाम, मार्कशीट की फोटो और स्कूल के नाम के साथ 8003712297 नंबर पर शेयर करें- 12वीं का रिजल्ट भी इसी महीने बोर्ड की कोशिश है कि 12वीं आट्र्स, साइंस और कॉमर्स का रिजल्ट भी इसी महीने जारी कर दिया जाए। बोर्ड ने इसके लिए भी तैयारी शुरू कर दी है। 12वीं की परीक्षा 11 मार्च तक चली थी। इसमें 9 लाख 10 हजार 9 स्टूडेंट्स बैठे थे। प्रदेश के 6 हजार 170 सेंटर पर एग्जाम हुए थे।

