मप्र हाई कोर्ट की इंदौर बेंच में भोजशाला विवाद से जुड़े बहुचर्चित प्रकरणों की सुनवाई गुरुवार को स्थगित कर दी गई। जस्टिस विजय कुमार शुक्ला और जस्टिस आलोक अवस्थी की डिवीजन बेंच ने याचिकाकर्ता पक्ष के सीनियर एडवोकेट के अनुरोध पर मामले को 17 अप्रैल के लिए सूचीबद्ध किया है। अब अगली सुनवाई पर सभी पक्षों की नजरें टिकी हैं। याचिकाकर्ता की ओर से पैरवी कर रहे सीनियर एडवोकेट एके चितले ने अपने तर्क पूर्ण करने के लिए अतिरिक्त समय की मांग की। उन्होंने कोर्ट से सुनवाई स्थगित करने का अनुरोध किया, जिसे स्वीकार करते हुए बेंच ने मामले को अगली तारीख तक टाल दिया। कई याचिकाएं और अपीलें एक साथ विचाराधीन इस मामले में पांच याचिकाएं और अपीलें एक साथ सुनी जा रही हैं। इन सभी में भोजशाला विवाद के विभिन्न पहलुओं को लेकर दलीलें प्रस्तुत की जा रही हैं। मामले में केंद्र सरकार, राज्य सरकार, विभिन्न याचिकाकर्ताओं और इंटरवीनर्स की ओर से संबंधित एडवोकेट उपस्थित रहे। कोर्ट ने स्पष्ट किया है कि यदि अगली सुनवाई में वरिष्ठ अधिवक्ता अपने तर्क पूरे कर लेते हैं, तो इसके बाद याचिकाओं (WP-10497/2022 और (WP-10484/2022) में शामिल इंटरविनर्स को अपना पक्ष रखने का अवसर दिया जाएगा। इससे सभी पक्षों को बराबरी का अवसर सुनिश्चित होगा। वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग से भी हुई पैरवी सुनवाई के दौरान कई सीनियर एडवोकेट वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से भी जुड़े। मामले में एडवोकेट विष्णु शंकर जैन, विनय जोशी, एडिशनल सॉलिसिटर जनरल सुनील कुमार जैन और एडवोकेट जनरल प्रशांत सिंह सहित कई एडवोकेट उपस्थित रहे। हाईकोर्ट ने निर्देश दिया है कि इस आदेश की फोटोकॉपी सभी संबंधित प्रकरणों के रिकॉर्ड में संलग्न की जाए, ताकि सुनवाई की प्रक्रिया में एकरूपता बनी रहे।
जगराओं अनाज मंडी में कारोबारियों का प्रदर्शन:कूड़े के ढेर से परेशान, प्रशासन पर अनदेखी का आरोप
लुधियाना जिले में जगराओं की पुरानी अनाज मंडी के व्यापारियों ने वीरवार को कूड़े के ढेर के खिलाफ प्रदर्शन किया। कई महीनों से जमा हो रहा कूड़ा अब एक पक्के डंप और पहाड़ का रूप ले चुका है, जिससे परेशान होकर कारोबारियों ने सरकार और प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी की। यह कूड़ा गौशाला के पास बनाया जा रहा है। व्यापारियों ने सवाल उठाया कि जब राहगीरों का गुजरना मुश्किल है, तो यहां रहने वाले लोगों की हालत का अंदाजा लगाया जा सकता है। मंडी में 100 से अधिक दुकानें हैं और अधिकांश दुकानों के ऊपर परिवार भी रहते हैं। जिन दुकानों के पास कूड़े का यह विशाल ढेर लगा है, वहां दुकानदारों और परिवारों का सांस लेना और खाना तक दूभर हो गया है। बदबू, मच्छरों और गंदगी के कारण हालात बेहद खराब हो चुके हैं। कारोबारियों ने कहा कि यह मंडी हर महीने करोड़ों रुपए का कारोबार कर सरकार को मोटा टैक्स देती है, लेकिन इसके बावजूद उन्हें कूड़े की समस्या से जूझना पड़ रहा है। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि हलके की विधायक सर्वजीत कौर माणुके ने हाल ही में इसी कूड़े के ढेर के पास एक मोहल्ला क्लीनिक का उद्घाटन किया है, जहां पहले सर्विस सेंटर हुआ करता था। मंडी से कूड़े के ढेर को हटाने की मांग व्यापारियों के अनुसार, जरूरत कूड़े के पहाड़ को हटाने की थी, लेकिन प्रशासन ने उसके पास ही क्लीनिक खोल दिया, ताकि कूड़े और गंदगी से बीमार होने वाले लोगों को दवा लेने के लिए दूर न जाना पड़े। प्रदर्शनकारियों ने चेतावनी दी कि बढ़ती गर्मी और आने वाली बरसात में इस गंदगी से कोई खतरनाक बीमारी भी फैल सकती है। अगर हालात ऐसे ही बने रहे तो हर महीने होने वाले करोड़ों रुपए के कारोबार पर भी असर पड़ेगा, क्योंकि इतनी गंदगी के बीच कौन खरीद-फरोख्त करने आएगा। व्यापारियों ने पंजाब सरकार से मांग की कि शहर के कारोबार और टैक्स को बचाने के लिए तुरंत मंडी के अंदर से कूड़े के ढेर को हटाया जाए। साथ ही कूड़े की सफाई के नाम पर खर्च किए जा रहे लाखों रुपये की जांच भी करवाई जाए, क्योंकि जमीन पर कोई काम दिखाई नहीं दे रहा। कूड़े के नाम पर 20 लाख का खेल व्यापारियों ने आरोप लगाया कि नगर कौंसिल द्वारा शहर को कूड़ा मुक्त करने के नाम पर करीब 20 लाख रुपए का प्रस्ताव पास किया गया था। लेकिन धरातल पर हालात जस के तस हैं। उनका कहना है कि कौंसिल प्रधान ने अपनी पावर का इस्तेमाल करते हुए यह प्रस्ताव डाला, लेकिन कूड़ा उठवाने की जगह कई जगहों पर उसे आग के हवाले कर दिया जाता है। उन्होंने बताया कि पुरानी दाना मंडी में भी कूड़े के पहाड़ खड़े हैं, जिससे साफ जाहिर होता है कि सफाई के नाम पर खर्च हो रहा पैसा आखिर कहां जा रहा है।व्यापारियों ने कहा कि नगर परिषद के पास करोड़ों रुपए का फंड मौजूद है। ऐसे में शहर से बाहर उचित जमीन खरीदकर वहां कूड़ा डंप किया जाना चाहिए, ताकि शहर के बीच बने इन कूड़े के पहाड़ों से लोगों को राहत मिल सके। अगर जल्द समाधान नहीं हुआ तो व्यापारी बड़ा आंदोलन करने को मजबूर होंगे।
कानपुर में युवक को चप्पलों से पीटा:बाइक टकराने पर विवाद, जांच में जुटी पुलिस
कानपुर के कल्याणपुर में आवास विकास के केसा चौराहा पर दो बाइकों की भिड़ंत के बाद एक युवक को चप्पलों से पीटने का मामला सामने आया है। मौके पर मौजूद लोगों ने घटना का वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर वायरल कर दिया। पुलिस वायरल वीडियो की जांच में जुट गई है। जानकारी के मुताबिक, गुरुवार रात करीब आठ बजे केसा चौराहे के पास दो बाइकों की आपस में टक्कर हो गई। हादसे में किसी को चोट नहीं आई, लेकिन दोनों पक्षों के बीच कहासुनी और गाली-गलौज शुरू हो गई। इसी दौरान एक बाइक सवार युवक ने दूसरे युवक को चप्पल उतारकर पीटना शुरू कर दिया। वहां मौजूद लोगों ने पूरी घटना का वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर वायरल कर दिया। पुलिस पहुंची, मौके पर नहीं मिला कोईवीडियो वायरल होने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची, लेकिन वहां कोई नहीं मिला। आसपास के दुकानदारों ने बताया कि दोनों पक्ष कल्याणपुर क्षेत्र के रहने वाले थे। किसी को चोट नहीं आई और दोनों युवक शराब के नशे में थे। मारपीट के बाद दोनों पक्ष मौके से चले गए। थाना प्रभारी संतोष कुमार सिंह ने बताया कि वायरल वीडियो का संज्ञान लेते हुए पुलिस मौके पर गई थी, लेकिन वहां कोई नहीं मिला और न ही किसी ने तहरीर दी है। उन्होंने कहा कि यदि तहरीर मिलती है तो जांच कर कार्रवाई की जाएगी।
सूरजपुर वन क्षेत्र में जंगली हाथी के हमले में लगातार दूसरे दिन एक व्यक्ति की मौत हो गई। दो दिनों के भीतर यह दूसरी मौत है, जिससे पूरे इलाके में दहशत फैल गई है। जानकारी के अनुसार, सूरजपुर वन क्षेत्र में एक जंगली हाथी ने हमला कर एक महिला की जान ले ली। यह घटना कोटबहरा इलाके में एक दिन पहले एक युवक की मौत के बाद हुई। एक दिन पहले शाम को हाथियों ने कोटबहरा इलाके में उत्पात मचाया था, जिसमें एक व्यक्ति की मौत हो गई थी। मृत युवक की पहचान अभी तक नहीं हो सकी है। गांवों में दहशत का माहौल कोटबहरा और घाघी टिकरा के आसपास के कई गांवों में हाथियों का आतंक जारी है। लगातार हो रही घटनाओं से ग्रामीण डरे हुए हैं। वन विभाग ने लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है। सूचना मिलने के बाद वनकर्मी लगातार हाथियों के झुंड को ट्रैक कर रहे हैं। वन विभाग और प्रशासन की टीम मौके पर पहुंचकर आगे की कार्रवाई कर रही है। जंगलों के घटने से बढ़ा संघर्ष जानकारों के अनुसार मानव और हाथी संघर्ष का मुख्य कारण जंगलों का लगातार कम होना है। वन्यजीवों के प्राकृतिक आवास नष्ट हो रहे हैं, जिससे हाथी भोजन और पानी की तलाश में गांवों तक पहुंच रहे हैं। इस स्थिति से मानव और वन्यजीव संघर्ष बढ़ रहा है, जिससे जान और संपत्ति का नुकसान हो रहा है। जब तक जंगलों को बचाने के लिए ठोस कदम नहीं उठाए जाएंगे, तब तक यह समस्या बनी रहेगी।
रामपुर में करोड़ों रुपये की जीएसटी चोरी के एक बड़े नेटवर्क का खुलासा हुआ है। कोतवाली गंज पुलिस ने इस मामले के मास्टरमाइंड मोहसिन उर्फ मोहसिनउद्दीन को गिरफ्तार कर लिया है। यह कार्रवाई आर्थिक अपराध के एक संगठित गिरोह की परतें खोलती है। यह मामला 4 अक्टूबर 2025 को थाना गंज में दर्ज किया गया था। राज्य कर विभाग के एक अधिकारी की शिकायत पर जीएसटी प्रपत्रों में हेराफेरी, फर्जी दस्तावेज बनाने और उनका इस्तेमाल कर सरकार को करोड़ों रुपये का नुकसान पहुंचाने के आरोप लगे थे। विवेचना के दौरान साक्ष्यों के आधार पर मोहसिन का नाम सामने आया। एक फोन, 52 सिम कार्ड बरामद अपराध शाखा और सर्विलांस टीम ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए मोहसिन को गिरफ्तार किया। उसके कब्जे से दो लैपटॉप, एक मोबाइल फोन, 52 सिम कार्ड और बड़ी संख्या में संदिग्ध दस्तावेज बरामद किए गए हैं। जांच में पता चला है कि आरोपी फर्जी कंपनियां बनाकर और फर्जी बिलिंग के जरिए जीएसटी चोरी के इस नेटवर्क को चला रहा था। अन्य आरोपियों की तलाश जारी पुलिस को आशंका है कि इस गिरोह के तार अन्य जिलों और राज्यों से भी जुड़े हो सकते हैं, जिसके चलते जांच का दायरा बढ़ाया जा रहा है। थाना गंज पुलिस ने आरोपी को विधिक कार्रवाई के बाद न्यायालय में पेश किया, जहां से उसे न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है। पुलिस अब इस नेटवर्क में शामिल अन्य आरोपियों की तलाश कर रही है और जल्द ही और गिरफ्तारियां होने की संभावना है। पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर चल रहा यह अभियान दर्शाता है कि रामपुर पुलिस आर्थिक अपराधों के खिलाफ सख्त कार्रवाई कर रही है।
कानपुर में यमुना नदी में डूबे युवक का शव बरामद:मछली पकड़ने गया था, पुलिस ने शव पोस्टमॉर्टम को भेजा
कानपुर के सजेती क्षेत्र में यमुना नदी में मछली पकड़ने गए युवक की डूबने से मौत हो गई। देर शाम तक घर न लौटने पर परिजनों ने तलाश शुरू की। सूचना पर पुलिस और एनडीआरएफ टीम ने सर्च ऑपरेशन चलाया और दूसरे दिन देर शाम शव बरामद कर लिया। घटना के बाद परिवार में कोहराम मच गया। पुलिस ने शव पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। सजेती थाना क्षेत्र के अनेशी डेरा निवासी पिंटू निषाद (38) बुधवार को अपने मौसेरे भाई गोविंद और साथी मिथुन के साथ यमुना नदी में मछली पकड़ने गया था। शाम तक गोविंद और मिथुन घर लौट आए, लेकिन पिंटू वापस नहीं आया। इससे परिजनों की चिंता बढ़ गई और उन्होंने आसपास खोजबीन शुरू की। नदी किनारे नाव में उसके कपड़े मिलने से आशंका और गहरा गई। एनडीआरएफ ने चलाया सर्च ऑपरेशनगुरुवार सुबह पुलिस को सूचना दी गई। मौके पर पहुंची पुलिस ने एनडीआरएफ टीम को बुलाकर यमुना नदी में खोजबीन शुरू कराई। गुरुवार देर शाम टीम ने युवक का शव बरामद कर लिया। बताया जा रहा है कि वह जिस स्थान पर मछली पकड़ रहा था, वहीं पानी में पत्थरों के बीच फंसा मिला। मृतक पिंटू निषाद खेती और मजदूरी कर परिवार का भरण-पोषण करता था। उसके परिवार में तीन बेटियां और एक बेटा है। घटना के बाद परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। थाना प्रभारी अनुज भारती ने बताया कि शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। रिपोर्ट आने के बाद आगे की विधिक कार्रवाई की जाएगी।
मथुरा के थाना हाईवे क्षेत्र के पंडीपुर इलाके में एक विवाहिता की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। मृतका की पहचान निक्की के रूप में हुई है। परिजनों ने उसके पति पर हत्या का आरोप लगाया है। निक्की ने लगभग चार वर्ष पहले अपने ही स्कूल के एक शिक्षक से प्रेम विवाह किया था। शुरुआती दांपत्य जीवन सामान्य रहा, लेकिन समय के साथ रिश्तों में तनाव बढ़ने लगा। परिजनों का आरोप है कि निक्की का पति उसे घर खर्च के लिए पैसे नहीं देता था और दहेज की मांग को लेकर अक्सर मारपीट करता था। निक्की अपने मासूम बच्चे के पालन-पोषण के लिए बच्चों को पढ़ाकर गुजर-बसर कर रही थी। कुछ दिन पहले भी निक्की के साथ गंभीर मारपीट की गई थी, जिसके बाद उसने थाने में शिकायत दर्ज कराई थी। हालांकि, परिजनों के अनुसार, पुलिस द्वारा कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई। परिजनों का आरोप है कि इसी उत्पीड़न के चलते आरोपी पति ने निक्की की हत्या कर शव को फांसी पर लटका दिया, ताकि इसे आत्महत्या का रूप दिया जा सके। सूचना मिलने पर थाना हाईवे पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। बताया गया है कि निक्की के माता-पिता के बीच आपसी विवाद के कारण वे अलग-अलग रहते थे, जबकि निक्की अपने पति के साथ पंडीपुर में रह रही थी। थाना हाईवे प्रभारी निरीक्षक शैलेंद्र कुमार सिंह ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है और परिजनों से तहरीर मिलने के बाद आगे की विधिक कार्रवाई की जाएगी।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के पचपदरा दौरे को लेकर भारतीय जनता पार्टी की ओर से तैयारी की जा रही है। इसी क्रम में लघु उद्योग भारती परिसर में पचपदरा कार्यक्रम को भव्य एवं सफल बनाने के संकल्प के साथ जिला जोधपुर ग्रामीण की बैठक जिला अध्यक्ष त्रिभुवन सिंह भाटी की अध्यक्षता में हुई। बैठक में कार्यक्रम की तैयारियों पर विस्तृत चर्चा करते हुए बूथ स्तर तक कार्यकर्ताओं की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करने एवं अधिकाधिक जनसमूह को जोड़ने के लिए रणनीति तय की गई। बैठक में मुख्य वक्ता संसदीय कार्य एवं विधि मंत्री जोगाराम पटेल, प्रदेश उपाध्यक्ष मुकेश दाधीच ने संबोधित किया। बैठक में प्रदेश कार्यसमिति सदस्य भोपालसिंह बडला, प्रदेश संयोजक पशु पालन प्रकोष्ठ जगदीश देवासी, प्रदेश उपाध्यक्ष ओबीसी मोर्चा श्र सहीराम विश्नोई, प्रदेश उपाध्यक्ष अल्पसंख्यक मोर्चा श्र सिकंदर बख्श, जिला महामंत्री शिवराम ग्वाला, सुमित्रा विश्नोई, यशपाल गोधा सहित जिला पदाधिकारी उपस्थित रहे।
कल्याणपुर में डीसीपी वेस्ट का औचक निरीक्षण:देर रात खुले शराब ठेकों पर चौकी प्रभारियों को लगाई फटकार
कानपुर के कल्याणपुर में गुरुवार को डीसीपी वेस्ट एस.एम. कासिम आबिदी ने मय फोर्स बिठूर तिराहा का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान बिना क्यूआर कोड के चल रहे ई-रिक्शा चालकों के चालान किए गए। साथ ही ब्लैक फिल्म चढ़ी कई कारों पर भी कार्रवाई की गई। निरीक्षण के दौरान डीसीपी ने शराब ठेकों को भी चेक किया और अव्यवस्था मिलने पर संबंधित चौकी प्रभारी को फटकार लगाई। अवैध टेंपो स्टैंड संचालकों पर कार्रवाईडीसीपी वेस्ट ने अवैध स्टैंड संचालकों के खिलाफ अभियान चलाया। इस दौरान शेरा यादव, सोनू और मनोज तिवारी को गिरफ्तार किया गया। पिछले कई दिनों से अवैध स्टैंड संचालन की शिकायतें मिल रही थीं। इसके बाद ट्रेनी आईपीएस सुमेध मिलिंद जाधव को कार्रवाई के निर्देश दिए गए। पुलिस टीम ने बिठूर तिराहे से वसूली करते हुए शेरा यादव को रंगेहाथ पकड़ लिया। शराब ठेकों पर अराजकता, चौकी प्रभारियों को फटकारवाहन चेकिंग के दौरान डीसीपी वेस्ट देशी शराब ठेके पर पहुंचे। वहां लोगों को खुले में शराब पीते देख पहले ठेका संचालक को हिरासत में लिया गया। इसके बाद इंद्रानगर चौकी प्रभारी को मौके पर बुलाकर कड़ी फटकार लगाई गई। चेतावनी दी गई कि रात 10 बजे के बाद ठेका खुला मिलने पर कार्रवाई होगी। इसके बाद डीसीपी पनकी रोड स्थित चुंगी तिराहे के पास बने ठेके पर पहुंचे। यहां भी शराब पीने वालों की भीड़ मिलने पर संचालक को फटकार लगाई गई। साथ ही संबंधित चौकी प्रभारी को चेतावनी दी गई कि देर रात तक बिक्री मिलने पर सख्त कार्रवाई होगी। डीसीपी वेस्ट एस.एम. कासिम आबिदी ने बताया कि शराब ठेकों और वाहनों की चेकिंग की गई। बिना क्यूआर कोड चलने वाले ई-रिक्शा चालकों पर कार्रवाई की गई है। उन्होंने कहा कि देर रात तक शराब बेचने वाले ठेकों के साथ संबंधित चौकी प्रभारी पर भी कार्रवाई की जाएगी।
भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) कानपुर दक्षिण की ओर से छावनी विधानसभा क्षेत्र में 'नारी शक्ति वंदन अधिनियम' के समर्थन में एक बड़ी गोष्ठी का आयोजन किया गया। श्याम नगर स्थित आर.के. गैलेक्सी में हुए इस कार्यक्रम में बड़ी संख्या में महिलाएं और पार्टी कार्यकर्ता जुटे। आयोजन का मुख्य उद्देश्य महिलाओं को उनके राजनैतिक अधिकारों और केंद्र सरकार की इस ऐतिहासिक पहल के प्रति जागरूक करना रहा। गोष्ठी के दौरान वक्ताओं ने महिला सशक्तिकरण पर जोर देते हुए बताया कि आने वाले समय में देश की राजनीति में आधी आबादी की भूमिका कितनी महत्वपूर्ण होने वाली है। महिलाओं की राजनैतिक भागीदारी से मजबूत होगा लोकतंत्रकार्यक्रम को संबोधित करते हुए जिला अध्यक्ष शिवराम सिंह ने कहा कि,नारी शक्ति वंदन अधिनियम देश की महिलाओं को सशक्त बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम है। उन्होंने कहा कि इस कानून के जरिए महिलाओं को राजनीति में आगे आने के ज्यादा मौके मिलेंगे। जब महिलाएं नीति निर्धारण में शामिल होंगी, तो इससे हमारा लोकतंत्र और अधिक मजबूत होगा। उन्होंने कार्यकर्ताओं से अपील की कि वे इस पहल की जानकारी शहर के हर घर तक पहुंचाएं ताकि समाज में महिलाओं के सम्मान और अधिकारों के प्रति जागरूकता बढ़ सके। मोदी सरकार के निर्णयों से बढ़ा महिलाओं का मानगोष्ठी में मौजूद अन्य वक्ताओं ने भी अपने विचार रखे। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में महिलाओं के उत्थान के लिए कई बड़े फैसले लिए गए हैं, जिसका सीधा फायदा करोड़ों महिलाओं को मिल रहा है। सभी ने एक सुर में संकल्प लिया कि इस अधिनियम के समर्थन में जन-जागरूकता अभियान को और तेज किया जाएगा। वक्ताओं का मानना था कि यह सिर्फ एक कानून नहीं, बल्कि महिलाओं को समाज की मुख्यधारा में लाने का एक प्रभावी जरिया है। बड़ी संख्या में पदाधिकारी और कार्यकर्ता रहे मौजूदआर.के. गैलेक्सी में आयोजित इस गोष्ठी में संगठन के कई प्रमुख चेहरे शामिल हुए। कार्यक्रम में मुख्य रूप से जसविंदर सिंह, अर्जुन बेरिया, भूपेंद्र त्रिपाठी, आभा द्विवेदी, अनीता त्रिपाठी, सुषमा चौहान, ममता राजपूत, मधु तिवारी और आशा पांडे सहित भारी संख्या में क्षेत्रीय पदाधिकारी और कार्यकर्ता उपस्थित रहे। सभी ने इस अभियान को बूथ स्तर तक ले जाने की रणनीति पर चर्चा की।
मथुरा के थाना हाईवे क्षेत्र में आगरा-दिल्ली राष्ट्रीय राजमार्ग पर गुरुवार को एक सड़क हादसा हुआ। मंडी से सब्जी लेकर जा रहे एक मोटरसाइकिल रिक्शा को तेज रफ्तार ट्रक ने टक्कर मार दी। टक्कर के कारण रिक्शा पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया और उसमें लदी सब्जियां सड़क पर बिखर गईं। हादसे में रिक्शा चालक गंभीर रूप से घायल हो गया। मौके पर मौजूद लोगों ने तत्काल पुलिस को सूचना दी। थाना हाईवे पुलिस घटनास्थल पर पहुंची और घायल चालक को अस्पताल ले जाया जा रहा था, लेकिन उसने रास्ते में ही दम तोड़ दिया। मृतक की पहचान अगनपुरा, थाना रिफाइनरी निवासी जगदीश पुत्र रतन सिंह के रूप में हुई है। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पंचायतनामा भरा और पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। थाना प्रभारी शैलेंद्र कुमार सिंह ने बताया कि घटना की जानकारी जुटाई जा रही है। पुलिस फिलहाल ट्रक चालक की तलाश कर रही है। तहरीर मिलने के बाद आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। इस हादसे के कारण कुछ समय के लिए हाईवे पर यातायात प्रभावित रहा। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर यातायात को सुचारू कराया। स्थानीय लोगों ने हाईवे पर बढ़ती दुर्घटनाओं पर चिंता व्यक्त की है और प्रशासन से सख्त कार्रवाई की मांग की है।
मथुरा जनपद के महावन थाना क्षेत्र में एक युवक का शव संदिग्ध परिस्थितियों में पेड़ से लटका मिला है। ब्रह्मांड घाट रोड स्थित ग्वारिया मंदिर के समीप एक नीम के पेड़ पर गमछे के सहारे शव लटका हुआ पाया गया, जिससे इलाके में सनसनी फैल गई। गुरुवार दोपहर करीब तीन बजे स्थानीय लोगों ने इस घटना की सूचना महावन पुलिस को दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने शव को पेड़ से नीचे उतरवाया। जांच के दौरान युवक की जेब से आधार कार्ड बरामद हुआ। आधार कार्ड के आधार पर मृतक की पहचान धीरज (28) पुत्र पतराम के रूप में हुई। वह महावन थाना क्षेत्र के नगला बाला पचावर का निवासी था। सूचना मिलते ही धीरज के परिजन भी मौके पर पहुंच गए। मृतक के ताऊ बनी सिंह ने बताया कि धीरज पेशे से ट्रक चालक था और लगभग एक सप्ताह से घर से लापता था। बनी सिंह ने यह भी जानकारी दी कि करीब दो वर्ष पूर्व धीरज के खिलाफ महावन थाने में एक महिला द्वारा दुष्कर्म का मुकदमा दर्ज कराया गया था, जिसमें वह जेल भी जा चुका था। परिजनों ने धीरज की आत्महत्या की आशंका को सिरे से खारिज कर दिया है। उन्होंने आरोप लगाया है कि धीरज की किसी ने साजिश के तहत हत्या की है और फिर शव को पेड़ पर लटका दिया। घटना की सूचना पर फॉरेंसिक टीम भी मौके पर पहुंची और आवश्यक साक्ष्य जुटाए। थाना निरीक्षक चेतराम शर्मा ने बताया कि शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। शर्मा ने कहा कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के वास्तविक कारणों का खुलासा हो सकेगा। यदि हत्या की पुष्टि होती है, तो संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर सख्त कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की गंभीरता से जांच कर रही है।
BAP नेता के भाई अनिल की हत्या के आरोप में पुलिस ने मुख्य आरोपी सिद्धार्थ और उसकी पत्नी को गिरफ्तार कर लिया है। SP सुधीर जोशी ने बताया कि पत्नी की भूमिका हत्या में संदिग्ध पाई गई। अनिल से मारपीट के दौरान उसने न तो विरोध किया और न ही किसी को सूचना दी। वहीं, मामले में फरार चल रहे सागबारी जिला प्रतापगढ़ निवासी सरपंच प्रकाशचंद्र निनामा और मोतीलाल को भी पुलिस ने डिटेन कर लिया है। जिनसे पूछताछ जारी है। सरपंच प्रकाशचंद्र आरोपी सिद्धार्थ का जीजा है। अपराध को न रोकना भी मिलीभगत की श्रेणी में एसपी सुधीर जोशी के अनुसार, सिद्धार्थ ने जब अनिल के साथ मारपीट की, तब उसकी पत्नी वहीं मौजूद थी। कानूनन किसी अपराध को होते देखना और उसे न रोकना या पुलिस को सूचित न करना भी मिलीभगत की श्रेणी में आता है। इसी आधार पर पुलिस ने पति-पत्नी दोनों को सलाखों के पीछे भेज दिया है। सरपंच की भूमिका पर संशय, पूछताछ जारी फरार चल रहे सागबारी सरपंच प्रकाश चंद्र निनामा और मोतीलाल की गिरफ्तारी के लिए पुलिस की कई टीमें दबिश दे रही थीं। पुलिस ने दोनों को डिटेन कर लिया है। बीएपी समर्थक सरपंच पर हत्या की साजिश का आरोप लगाकर उसकी गिरफ्तारी के लिए धरने पर बैठे हुए हैं। वहीं पुलिस अब हिरासत में लिए सरपंच से सभी एंगल से पूछताछ करेगी। इस हत्याकांड में उसकी क्या भूमिका रही है। क्योंकि मारपीट के सरपंच प्रकाश ने ही मृतक के भाई बीएपी नेता अशोक निनामा को फोन कर घटना की जानकारी दी थी। जिसके बाद वह फरार हो गया था।
चेकिंग टीम पर हमला करने वाला डंपर चालक गिरफ्तार:5 अप्रैल को कुचलने की कोशिश की थी, अब जेल भेजा गया
रामपुर में अवैध खनन के खिलाफ अभियान के दौरान चेकिंग टीम पर हमला करने के आरोप में पुलिस ने एक डंपर चालक को गिरफ्तार किया है। यह घटना 5 अप्रैल को हुई थी, जिसके बाद आरोपी को 15 अप्रैल को पकड़ा गया। पुलिस के अनुसार, 5 अप्रैल 2026 को खौद चौराहे पर राजस्व विभाग और पुलिस की संयुक्त टीम अवैध खनन से भरे डंपरों की जांच कर रही थी। इसी दौरान कुछ डंपर चालकों ने तेज गति और लापरवाही से वाहन चलाते हुए चेकिंग टीम को कुचलने का प्रयास किया। आरोपियों ने मौके पर लगे बैरियर को भी तोड़ दिया और फरार हो गए। इस घटना में टीम के सदस्य बाल-बाल बचे, जबकि सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचा। इस घटना के बाद मुख्य आरक्षी रजनीश कुमार की तहरीर पर थाना अजीमनगर में गंभीर धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज किया गया। पुलिस ने मामले की जांच शुरू की। विवेचना के दौरान साक्ष्यों के आधार पर आरोपी अरशद पुत्र हबीब अहमद निवासी ग्राम पजावा, थाना भोट का नाम सामने आया। पुलिस अधीक्षक रामपुर के निर्देश और अपर पुलिस अधीक्षक के पर्यवेक्षण में क्षेत्राधिकारी टांडा के नेतृत्व में कार्रवाई तेज की गई। 15 अप्रैल 2026 को पुलिस ने मुखबिर की सूचना पर मंगल की बाजार से आरोपी अरशद को गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तारी के बाद आरोपी अरशद को न्यायालय में पेश किया गया है। मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई जारी है।
उत्तर प्रदेश क्रिकेट एसोसिएशन (सत्र 2026–27) की ओर से अंडर-19 खिलाड़ियों के चयन के लिए ट्रायल मैच आयोजित किया गया। इस मुकाबले में युवा क्रिकेटरों ने अपने प्रदर्शन से चयनकर्ताओं का ध्यान खींचा। मैच टीम ‘डी’ और टीम ‘एफ’ के बीच खेला गया, जिसमें खिलाड़ियों ने बल्लेबाजी और गेंदबाजी दोनों विभागों में अपनी प्रतिभा दिखाई। कानपुर क्रिकेट एसोसिएशन के सचिव कौशल कुमार सिंह ने बताया कि ट्रायल का उद्देश्य खिलाड़ियों की क्षमता का आकलन करना और आगामी अंडर-19 टीम के लिए योग्य प्रतिभाओं का चयन करना है। बल्लेबाजों ने दिखाया दममैच में अभिषेक, युवराज सिंह (अंडर-19 खिलाड़ी), अमन राजपूत, हेमंत अवस्थी, मदन मोहन, अस्मित दुबे, अमरजीत सिंह और हर्षराज सिंह ने शानदार बल्लेबाजी की। इन खिलाड़ियों ने संयम और आक्रामकता का बेहतरीन संतुलन दिखाते हुए चयनकर्ताओं को प्रभावित किया। गेंदबाजों का भी रहा जलवागेंदबाजी में विराज निषाद, प्रणव श्रीवास्तव, उत्कर्ष सिंह और शौर्य गुप्ता ने सटीक लाइन-लेंथ और बेहतर नियंत्रण के साथ गेंदबाजी की। इन गेंदबाजों ने बल्लेबाजों को कड़ी चुनौती दी और चयनकर्ताओं का ध्यान अपनी ओर खींचा। यह ट्रायल मैच अंडर-19 टीम के गठन की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। खिलाड़ियों के प्रदर्शन के आधार पर चयनकर्ता अंतिम टीम का गठन करेंगे, जिससे प्रदेश को भविष्य के प्रतिभाशाली क्रिकेटर मिल सकेंगे।
साइबर अपराधों के बढ़ते मामलों के मद्देनजर अग्रोहा में पुलिस द्वारा जागरूकता अभियान के तहत एक कार्यक्रम का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम पुलिस अधीक्षक हिसार के मार्गदर्शन में आयोजित हुआ, जिसका उद्देश्य युवाओं को साइबर फ्रॉड से बचाव के प्रति जागरूक करना रहा। कार्यक्रम का आयोजन महाराजा अग्रसेन मेडिकल कॉलेज, अग्रोहा में किया गया। जिसमें संस्थान के प्रशासनिक निदेशक डॉ. आशुतोष, डॉ. करणदीप सिंह सहित अन्य फैकल्टी सदस्यों और करीब 400 छात्र-छात्राओं ने भाग लिया। साइबर अपराधों के बारे में दी जानकारी इस दौरान पुलिस अधिकारियों ने साइबर अपराधों के विभिन्न प्रकारों- जैसे ऑनलाइन ठगी, फर्जी कॉल, ओटीपी फ्रॉड, सोशल मीडिया हैकिंग और फिशिंग के बारे में विस्तार से जानकारी दी। साथ ही इनसे बचने के उपायों और डिजिटल प्लेटफॉर्म का सुरक्षित उपयोग करने के महत्वपूर्ण टिप्स भी साझा किए गए। लेक्चर थाना प्रभारी प्रवेश कुमार, साइबर हेल्प डेस्क प्रभारी उप निरीक्षक मोना और साइबर थाना हिसार से साइबर एक्सपर्ट पवित्र द्वारा संयुक्त रूप से दिया गया। उन्होंने विद्यार्थियों को सतर्क रहने, किसी भी संदिग्ध लिंक पर क्लिक न करने, अपनी निजी जानकारी साझा न करने और मजबूत पासवर्ड का उपयोग करने की सलाह दी। साइबर सुरक्षा से जुड़े सवाल पूछे अधिकारियों ने यह भी बताया कि किसी भी प्रकार के साइबर फ्रॉड की स्थिति में तुरंत साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 या नजदीकी पुलिस स्टेशन से संपर्क करें, ताकि समय रहते कार्रवाई की जा सके। कार्यक्रम के अंत में प्रश्नोत्तर सत्र आयोजित किया गया, जिसमें विद्यार्थियों ने साइबर सुरक्षा से जुड़े कई सवाल पूछे। पुलिस अधिकारियों ने सरल और व्यावहारिक तरीके से उनके सभी प्रश्नों के जवाब दिए। इस जागरूकता पहल को विद्यार्थियों और संस्थान के स्टाफ ने सराहनीय बताते हुए कहा कि इस प्रकार के कार्यक्रम आज के डिजिटल युग में अत्यंत आवश्यक हैं।
जानलेवा हमले में दो आरोपी दोषी करार:विशेष न्यायाधीश ने 5-5 साल कारावास और अर्थदंड की सजा सुनाई
ललितपुर में जानलेवा हमले और शस्त्र अधिनियम के एक मामले में दो आरोपियों को दोषी ठहराया गया है। अपर जिला एवं सत्र विशेष न्यायाधीश (एससीएसटी ऐक्ट) विकास कुमार - द्वितीय ने दोनों आरोपियों को पाँच-पाँच साल के कारावास की सजा सुनाई है। इसके अतिरिक्त, उन पर अर्थदंड भी लगाया गया है, जिसका भुगतान न करने पर उन्हें अतिरिक्त सजा भुगतनी होगी। अपर जिला शासकीय अधिवक्ता संजीव लिटौरिया ने बताया कि यह घटना 15 जुलाई 2016 की है। गल्ला मंडी के पास हवाई पट्टी के निवासी फूलबाई पत्नी केशव अहिरवार ने कोतवाली प्रभारी निरीक्षक को तहरीर दी थी। उन्होंने बताया था कि राघवेंद्र कुशवाहा, नररु पंथ और धुन्धा निवासी रामनगर उनसे और उनके परिवार से रंजिश रखते थे। 15 जुलाई की सुबह करीब साढ़े तीन बजे ये तीनों आरोपी एक राय होकर उनके घर में चोरी के इरादे से घुसने लगे। जब फूलबाई के पति केशव को आवाज सुनाई दी और वे घर से बाहर निकले, तो हमलावरों में से किसी ने अवैध तमंचे से गोली चला दी। गोली केशव की कमर के नीचे लगी, जिससे वे घायल हो गए। गोली चलने की आवाज सुनकर फूलबाई और परिवार के अन्य सदस्य बाहर आए, जिसके बाद हमलावर मौके से फरार हो गए। घायल केशव को अस्पताल में भर्ती कराया गया। पुलिस ने तीनों आरोपियों के खिलाफ जानलेवा हमले का मामला दर्ज कर उन्हें गिरफ्तार किया। धुन्धा से एक अवैध तमंचा भी बरामद किया गया था। विवेचना पूरी होने के बाद न्यायालय में आरोप पत्र प्रस्तुत किए गए। साक्ष्यों, गवाहों और दोनों पक्षों की बहस सुनने के बाद विशेष न्यायाधीश ने राघवेंद्र कुशवाहा और राहुल उर्फ धुन्धा निवासीगण रामनगर को दोषी पाया। उन्हें आईपीसी की धारा 307/34 के तहत पाँच-पाँच वर्ष के कारावास और पाँच-पाँच हजार रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई गई। अर्थदंड अदा न करने पर उन्हें पाँच-पाँच माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा। राहुल उर्फ धुन्धा को आयुध अधिनियम की धारा 3/25 के आरोप में दो साल के कारावास और दो हजार रुपये के अर्थदंड से भी दंडित किया गया है। अर्थदंड अदा न करने पर उसे दो माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा। शासकीय अधिवक्ता ने यह भी बताया कि कारागार में बिताई गई अवधि को सजा में समायोजित किया जाएगा।
नीमच शहर में एक मानसिक रूप से बीमार महिला को उसके परिजनों ने भीषण गर्मी में खुली छत पर छोड़ दिया। महिला एवं बाल विकास विभाग और नीमच सिटी पुलिस की संयुक्त टीम ने गुरुवार शाम कार्रवाई करते हुए महिला को रेस्क्यू कर जिला अस्पताल में भर्ती कराया। यह घटना इंदिरा नगर भगवानपुरा चौराहे पर हुई। लगभग 40 वर्षीय महिला 38 डिग्री सेल्सियस की तेज धूप में सिर्फ एक चादर के सहारे छत पर लावारिस हालत में मिली। रेस्क्यू टीम मौके पर पहुंची और महिला को सुरक्षित नीचे उतारा। जानकारी के अनुसार, महिला की पहचान सीमा पति अजीत सोनी के रूप में हुई है। वह लंबे समय से मानसिक अवसाद से पीड़ित है। विभाग को इस मामले की सूचना एक गुमनाम फोन कॉल और वीडियो क्लिपिंग के माध्यम से मिली थी। सूचना मिलने के बाद महिला एवं बाल विकास परियोजना अधिकारी दीपिका नामदेव, नीमच सिटी थाना प्रभारी पुष्पा सिंह और एडवोकेट मीनू लालवानी की टीम शाम करीब 4 बजे घटनास्थल पर पहुंची। परिजनों ने पुलिस को बताया कि सीमा पिछले 10 वर्षों से मानसिक रूप से बीमार है। हालांकि, स्थानीय लोगों के अनुसार, महिला को लगभग चार-पांच महीनों से इसी तरह छत पर खुले में छोड़ा जा रहा था। रेस्क्यू के समय घटनास्थल पर लोगों की भीड़ जमा हो गई थी। पुनर्वास को लेकर कानूनी सलाह लेंगे परियोजना अधिकारी दीपिका नामदेव ने बताया कि महिला का जिला अस्पताल में इलाज चल रहा है और उसकी स्थिति पर नजर रखी जा रही है। विभाग अब उन परिस्थितियों की जांच कर रहा है जिनके तहत महिला के साथ यह व्यवहार किया गया। उपचार पूरा होने के बाद महिला के पुनर्वास और उसकी आगे की देखभाल के संबंध में उचित कानूनी निर्णय लिया जाएगा। मामले की विस्तृत जांच जारी है।
अयोध्या के मवई थाना क्षेत्र स्थित कुशहरी जंगल में गुरुवार को एक अज्ञात युवक का शव मिला। पुराने हाईवे के किनारे मिले शव को देखकर हत्या कर फेंके जाने की आशंका जताई जा रही है। ग्रामीणों की सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची। मवई थाना प्रभारी मनोज कुमार यादव पुलिस बल के साथ घटनास्थल पर पहुंचे और जायजा लिया। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पंचायतनामा की कार्रवाई की। प्रारंभिक जांच में युवक के गले में गमछा बंधा मिला और शरीर पर घसीटे जाने के निशान थे, जिससे मामला संदिग्ध लग रहा है। क्षेत्राधिकारी आशीष निगम ने बताया कि शव की शिनाख्त अभी नहीं हो पाई है। शव को मर्चरी हाउस भेज दिया गया है। पुलिस आसपास के क्षेत्रों और थानों से संपर्क कर मृतक की पहचान कराने का प्रयास कर रही है। सोशल मीडिया के माध्यम से भी जानकारी साझा कर पहचान सुनिश्चित करने की कोशिश की जा रही है। पुलिस घटनास्थल के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रही है। इसका उद्देश्य यह पता लगाना है कि युवक को वहां कैसे लाया गया और इस घटना में कौन लोग शामिल हो सकते हैं। पुलिस मामले की हर पहलू से जांच कर रही है। अधिकारियों के अनुसार, यदि 72 घंटे के भीतर शव की पहचान नहीं हो पाती है, तो नियमानुसार पोस्टमार्टम कराया जाएगा। पोस्टमार्टम रिपोर्ट से ही युवक की मौत के वास्तविक कारणों का पता चल सकेगा।इस घटना से क्षेत्र में दहशत का माहौल है। पुलिस मामले की गंभीरता से जांच कर रही है।
छत्तीसगढ़ के बालोद जिले में 2 लाख रुपए का लोन लेने पहुंचे आर्मी जवान के नाम पर 17 लाख रुपए का लोन पास कर दिया गया। उसमें से 15.50 लाख रुपए बैंक कर्मचारी ने निकाल लिए। अब जवान बिना कर्ज लिए ही भारी किस्तें भरने को मजबूर है। मामला गुंडरदेही थाना क्षेत्र का है। आर्मी का एक जवान प्राइवेट बैंक में 2 लाख रुपए का लोन लेने पहुंचा था। इसी दौरान बैंक के कर्मचारी ने उसके दस्तावेजों का दुरुपयोग करते हुए लोन प्रक्रिया में हेरफेर कर दी। आरोप है कि कर्मचारी ने जवान की जानकारी और सहमति के बिना उसके नाम पर 17 लाख रुपए का लोन स्वीकृत करवा दिया। लोन की राशि खाते में आने के बाद आरोपी ने उसमें से 15 लाख 50 हजार रुपए किसी अन्य खाते में ट्रांसफर कर दिए। EMI का दबाव आने पर खुलासा इस पूरे फर्जीवाड़े की जानकारी जवान को तब लगी, जब उस पर लोन की भारी EMI का दबाव आने लगा। जांच में सामने आया कि जवान ने केवल 2 लाख रुपए के लोन के लिए आवेदन किया था, लेकिन उसके नाम पर कहीं ज्यादा रकम का कर्ज चढ़ा दिया गया। इस धोखाधड़ी के चलते अब जवान को 17 लाख रुपए के लोन की किस्तें चुकानी पड़ रही हैं, जिससे उसे आर्थिक रूप से बड़ा नुकसान हुआ है। जम्मू-कश्मीर में है पदस्थ गुंडरदेही टीआई नवीन बोरकर ने बताया कि पीड़ित आर्मी जवान अर्जुन्दा थाना क्षेत्र के ग्राम ओडॉरसकरी का रहने वाला है। वर्तमान में जम्मू-कश्मीर क्षेत्र में पदस्थ है। उनकी शिकायत पर आरोपी बैंक कर्मचारी रेखराम साहू के खिलाफ BNS की धारा 318(4) के तहत केस दर्ज कर लिया गया है। पूरे मामले की जांच की जा रही है और आगे की कार्रवाई जारी है।
प्रदेश में अब पुलिस द्वारा किसी भी व्यक्ति को गिरफ्तार करते समय गिरफ्तारी के ठोस कारण लिखित रूप में बताने होंगे। गिरफ्तार करने वाली पुलिस टीम को गिरफ्तार किए जाने वाले व्यक्ति को यह जानकारी देना अनिवार्य कर दिया गया है। इतना ही नहीं गिरफ्तार होने वाले व्यक्ति को गिरफ्तारी की केवल मौखिक जानकारी को पर्याप्त नहीं माना जाएगा। यह भी सुनिश्चित किया जाएगा कि गिरफ्तारी के आधार स्थानीय भाषा या ऐसी भाषा में लिखे जाएं, जिसे गिरफ्तार व्यक्ति भली-भांति समझ सके। अपराध अनुसंधान विभाग पुलिस मुख्यालय ने सुप्रीम कोर्ट के आदेश के पालन में सभी पुलिस आयुक्त, पुलिस अधीक्षकों एवं संबंधित इकाइयों को इस संबंध में सर्कुलर जारी किया है। पुलिस मुख्यालय द्वारा सभी पुलिस आयुक्तों, पुलिस अधीक्षकों एवं संबंधित इकाइयों को निर्देशित किया गया है कि वे इन दिशा-निर्देशों का पालन अपने अधीनस्थ अधिकारियों एवं कर्मचारियों से सख्ती से सुनिश्चित कराएं, ताकि विधिसम्मत कार्रवाई के साथ-साथ नागरिकों के मौलिक अधिकारों की भी पूर्ण रूप से रक्षा की जा सके। सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद जारी किए निर्देश यह परिपत्र आपराधिक अपील के विरुद्ध महाराष्ट्र राज्य एवं अन्य में 6 नवंबर 2025 को पारित आदेश के पालन में जारी किया गया है, जिसमें गिरफ्तारी की प्रक्रिया को लेकर दिशा-निर्देश तय किए गए हैं। दरअसल उच्चतम न्यायालय ने अपने आदेश में स्पष्ट किया है कि भारतीय संविधान के अनुच्छेद 22(1) के अंतर्गत किसी भी व्यक्ति को गिरफ्तारी के कारणों को जानने का अधिकार एक मौलिक अधिकार है। इस अधिकार के संरक्षण के लिए न्यायालय ने पुलिस द्वारा गिरफ्तारी के दौरान अपनाई जाने वाली प्रक्रिया को लेकर स्पष्ट दिशा-निर्देश दिए हैं। कम से कम दो घंटे पहले देनी होगी लिखित सूचना पुलिस मुख्यालय द्वारा निर्देशों में यह भी कहा गया है कि यह लिखित जानकारी गिरफ्तारी के समय या आरोपी को मजिस्ट्रेट के समक्ष प्रस्तुत करने से कम से कम दो घंटे पूर्व उपलब्ध कराई जानी है। साथ ही, आरोपी को लिखित तौर पर जानकारी देने के दौरान गिरफ्तारी पंचनामा या संबंधित अभिलेख में विधिवत दर्ज किया जाना भी अनिवार्य होगा। इस संबंध में भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNSS) 2023 की धारा 47 के प्रावधानों का भी उल्लेख किया गया है। जानकारी नहीं दी तो गिरफ्तारी अवैध घोषित होगी पीएचक्यू के सर्कुलर में यह भी स्पष्ट किया गया है कि यदि इन निर्देशों का पालन नहीं किया जाता है, तो गिरफ्तारी को अवैध घोषित किया जा सकता है और संबंधित अधिकारी के विरुद्ध न्यायालय की अवमानना या विभागीय अनुशासनात्मक कार्रवाई की जा सकती है और अभियुक्त को तत्काल रिहाई का अधिकार प्राप्त हो सकता है।
मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने शहरी क्षेत्रों में सफाई व्यवस्था को मजबूत करने के लिए गठित वार्ड कमेटियों को सक्रिय भूमिका निभाने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि, ये कमेटियां अपने-अपने वार्डों में स्वच्छता कार्यों की निगरानी करेंगी और आमजन व नगर निकायों के बीच सेतु का काम करेंगी। गुरुवार को मुख्यमंत्री ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से प्रदेश के नगर निगम, नगर परिषद और नगर पालिकाओं के वार्ड कमेटी सदस्यों को संबोधित किया। इस दौरान नगर निगम मानेसर की ओर से पॉलिटेक्निक कॉलेज में आयोजित कार्यक्रम में मेयर डॉ. इंद्रजीत कौर यादव, आयुक्त प्रदीप सिंह, सीनियर डिप्टी मेयर प्रवीण यादव, डिप्टी मेयर रीमा चौहान, संयुक्त आयुक्त लोकेश यादव, उप-निगम आयुक्त अपूर्व चौधरी सहित पार्षद और कमेटी सदस्य मौजूद रहे। शिकायत मिलने पर पोर्टल पर दर्ज करा सकेंगे आपत्ति मुख्यमंत्री ने बताया कि सरकार ने कमेटी सदस्यों को जिम्मेदारी के साथ अधिकार भी दिए हैं। वे अपने वार्ड में विकास कार्यों और सफाई व्यवस्था पर नजर रखेंगे। यदि कहीं कोई अनियमितता मिलती है, तो वे हेल्पलाइन और शिकायत निवारण पोर्टल के माध्यम से अपनी आपत्ति दर्ज करा सकेंगे। उन्होंने कमेटी सदस्यों से लोगों को गीले और सूखे कचरे के पृथक्करण के प्रति जागरूक करने का आह्वान किया। साथ ही, यह सुनिश्चित करने को कहा कि कूड़ा उठाने वाली गाड़ियां रोजाना तय समय पर हर घर तक पहुंचें। इसके लिए प्रभावी रूट मैप तैयार करने पर भी जोर दिया गया। अधिकारियों ने की सफाई व्यवस्था बेहतर बनाने की अपील मुख्यमंत्री ने जानकारी दी कि प्रदेश के 1692 वार्डों में से 1520 में कमेटियों का गठन किया जा चुका है। शेष स्थानों पर आचार संहिता समाप्त होने के बाद गठन पूरा किया जाएगा। उन्होंने यह भी बताया कि जल्द ही 'मेरा वार्ड-स्वच्छ वार्ड' योजना लागू की जाएगी, जिसके तहत स्वच्छता को लेकर प्रतिस्पर्धा कराई जाएगी और बेहतर प्रदर्शन करने वाले वार्डों को प्रोत्साहन मिलेगा। कार्यक्रम के अंत में, अधिकारियों ने भी सफाई व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए जनप्रतिनिधियों से सक्रिय सहयोग की अपील की।
भिलाई नगर थाना क्षेत्र के हुडको इलाके में गुरुवार को शाम के वक्त गैरेज में खड़ी कार में आग लग गई। पानी टंकी के पास बने एक गैरेज में अचानक भीषण आग लगने से पूरे क्षेत्र में आग का धुंआ फैल गया। आग इतनी तेजी से फैली कि गैरेज के अंदर खड़ी एक कार कुछ ही देर में धू-धू कर जलने लगी। आसपास के लोगों ने जैसे ही आग की लपटें देखीं, तुरंत बाहर निकलकर सुरक्षित जगहों पर जाने लगे और मौके पर भीड़ जमा हो गई। घटना की जानकारी मिलते ही फायर ब्रिगेड की टीम मौके पर पहुंची और आग बुझाने का काम शुरू किया। आग काफी तेज थी, जिसके कारण उसे काबू में करने में टीम को कड़ी मशक्कत करनी पड़ी। काफी देर तक पानी की बौछार करने के बाद आग पर नियंत्रण पाया जा सका। बगल के गैरज में भी पकड़ी आगआग लगने के बाद बगल के गैरज भी चपेट में आ गए थे। जिसे फायर ब्रिगेड की टीम ने तत्काल कंट्रोल किया। स्थानीय लोगों के अनुसार आग लगते ही इलाके में डर का माहौल बन गया था। लोगों को डर था कि कहीं आग आसपास के घरों तक न फैल जाए। हालांकि समय रहते फायर ब्रिगेड के पहुंचने से बड़ी घटना टल गई। पूरी तरह जलकर खाक हुई गाड़ीइस आगजनी में गैरेज के अंदर खड़ी कार पूरी तरह जलकर खाक हो गई है। फिलहाल किसी के घायल होने की खबर नहीं है, लेकिन नुकसान काफी बताया जा रहा है। पुलिस और फायर ब्रिगेड की टीम अब आग लगने के कारणों की जांच कर रही है। शुरुआती तौर पर शॉर्ट सर्किट की आशंका जताई जा रही है, लेकिन असली वजह जांच के बाद ही साफ हो पाएगी। इलाके में स्थिति अब सामान्य है, लेकिन लोग अभी भी घटना को लेकर सहमे हुए हैं।
एटा के मानपुर के समीप एक तेज रफ्तार ट्रक और पिकअप के बीच भीषण टक्कर हो गई। इस हादसे में पिकअप ड्राइवर की इलाज के दौरान मौत हो गई। जबकि चार अन्य लोग घायल हो गए। घायलों को वीरांगना अवंतीबाई मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया है। जहां उनका इलाज जारी है। पुलिस के अनुसार, यह दुर्घटना तब हुई जब मलावन की ओर से आ रहे एक ट्रक ने पिकअप को टक्कर मार दी। पिकअप में सवार तीन लोग गंभीर रूप से घायल हो गए थे। हादसे में ट्रक चालक और एक बाइक सवार भी घायल हुए हैं। मृतक पिकअप चालक की पहचान मंगल पुत्र महेंद्र सिंह (निवासी नगला सुमन, थाना रिजोर) के रूप में हुई है। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। घायलों में पिकअप सवार मानव पुत्र अशोक (16), अशोक पुत्र किशनलाल (50), ट्रक चालक अजीत पुत्र सुरेश (30) और एक बाइक सवार सुरेंद्र शामिल हैं। जानकारी के अनुसार, पिकअप में सवार मानव और अशोक एटा मंडी में गेहूं बेचने के लिए आ रहे थे, तभी यह हादसा हो गया। पिकअप सवार मानव ने बताया कि वे एटा मंडी जा रहे थे, तभी ट्रक अनियंत्रित होकर उनकी मैक्स से टकरा गया। उन्होंने पुष्टि की कि उनकी पिकअप में तीन लोग सवार थे और सभी घायल हुए हैं। इसी तरह, हादसे की चपेट में आए सुरेंद्र ने भी बताया कि ट्रक की टक्कर से वे सभी घायल हुए हैं। पुलिस ने दुर्घटनाग्रस्त वाहनों को कब्जे में ले लिया है। सड़क से हटाकर यातायात सुचारु कराया है। मामले की जांच की जा रही है।
फर्रुखाबाद में 11 हजार वोल्ट का तार टूटा:कादरी गेट-लकूला मार्ग पर ट्रैफिक रुका, 2 खंभे हटाए गए
फर्रुखाबाद के कादरी गेट थाना क्षेत्र में गुरुवार शाम को 11 हजार वोल्ट का बिजली का तार टूटकर गिर गया। यह घटना कादरी गेट-लकूला मार्ग पर हुई। सूचना मिलते ही बिजली निगम की टीम मौके पर पहुंची। मोहल्ला शांति नगर पजाबा के पास हाइटेंशन लाइन का तार टूटने से हड़कंप मच गया। विद्युत निगम के कर्मचारियों ने तुरंत टूटे हुए तार को सुरक्षित किया। इस दौरान लगभग आधे घंटे तक यातायात भी बाधित रहा। स्थिति को सामान्य करने के लिए क्रेन बुलाई गई और सड़क पर गिरे दो बिजली के खंभे को हटाया गया। इसके बाद लगभग आधा दर्जन बिजली निगम के कर्मचारियों ने खंभों पर चढ़कर पेड़ों की छटाई की, ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं से बचा जा सके। इस घटना के कारण सैकड़ों घरों में लगभग तीन से चार घंटे तक बिजली गुल रही। देर शाम तक लाइन को ठीक करने का काम चला। जैसे ही आपूर्ति बहाल की गई, शॉर्ट सर्किट के कारण एक केबल में आग लग गई, जिसके चलते दोबारा शटडाउन लेना पड़ा। केबल को दुरुस्त करने के बाद अंततः देर शाम तक क्षेत्र में विद्युत आपूर्ति पूरी तरह से बहाल कर दी गई।
रानियां में 2 बाइकों की टक्कर:6 बेटियों के पिता की मौत, इटली से घर आया युवक घायल
सिरसा जिले की रानियां विधानसभा क्षेत्र के जीवननगर से करीवाला रोड पर गांव दमदमा के पास एक बुलेट और स्प्लेंडर बाइक की टक्कर हो गई। इस हादसे में एक व्यक्ति की मौके पर ही मौत हो गई, वहीं दूसरा युवक गंभीर रूप से घायल हो गया है। मृतक की पहचान दमदमा निवासी कुलदीप सिंह पुत्र आत्मा सिंह के रूप में हुई है। जबकि संतनगर निवासी लगभग 35 वर्षीय आकाश पुत्र हरदयाल गंभीर रूप से घायल हो गए। उन्हें उपचार के लिए सरकारी अस्पताल में भर्ती कराया गया है। 6 बेटियों के पिता की मौत करीवाला चौकी प्रभारी ने बताया कि घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने मृतक कुलदीप सिंह के शव को पोस्टमार्टम के लिए सरकारी अस्पताल भेज दिया है। पुलिस मामले की जांच कर रही है। उन्होंने बताया कि मृतक कुलदीप 6 बेटियों का पिता था, वहीं बेटा है, जो विदेश में रहता है। पुलिस का कहना है कि जो नौजवान घायल हुआ है वह इटली से अपने घर आया हुआ था।
अनूपपुर कोतवाली में बवाल, 25 लोगों पर FIR:पुलिस को धमकाने, आरोपियों को भीड़ के हवाले करने का आरोप
अनूपपुर जिला मुख्यालय स्थित कोतवाली थाने में बवाल करने के आरोप में पुलिस ने 9 ज्ञात और 16 अज्ञात लोगों के खिलाफ कई धाराओं में मामला दर्ज किया है। यह कार्रवाई बुधवार देर रात की गई।गुरुवार को सीसीटीवी फुटेज के आधार पर उपद्रवियों की पहचान कर उनकी तलाश शुरू की गई है। हालांकि, इस मामले में अभी तक किसी की गिरफ्तारी नहीं हुई है। यह कार्रवाई 10 अप्रैल की रात एक रेस्टोरेंट संचालिका के साथ हुई मारपीट की घटना के बाद की गई है। इसके विरोध में 11 अप्रैल को थाने का घेराव किया गया था और न्यायालय में भी हंगामा हुआ था। आरोप है कि प्रदर्शनकारियों ने पुलिसकर्मियों को धमकाया, आरोपियों को भीड़ के हवाले करने की कोशिश की और कोर्ट से जेल तक पुलिस वाहन का पीछा किया। सभी ज्ञात और अज्ञात लोगों के खिलाफ धारा 189 (1), 222, 224, 329 (3), 329 (4), 332 (सी), 3(5) के तहत मामला दर्ज किया गया है। पुलिस के अनुसार, प्रदर्शन के दौरान 25 से 30 लोगों की उग्र भीड़ थाने के अंदर घुस गई और जमकर उत्पात मचाया। उपद्रवियों ने पुलिस के शासकीय कार्य में बाधा डाली, एक महिला पुलिसकर्मी की कुर्सी पर कब्जा कर लिया और ड्यूटी ऑफिसर के कमरे में हाथ पटककर तोड़फोड़ की धमकी दी। भीड़ की मांग थी कि छेड़खानी के मामले में गिरफ्तार चार आरोपियों को 'ऑन द स्पॉट' न्याय के लिए उनके हवाले किया जाए। पुलिस अधीक्षक मोतिउर रहमान ने बताया कि थाना परिसर से लेकर न्यायालय परिसर और जिला जेल तक आरोपियों को भेजे जाने के दौरान संबंधित लोगों द्वारा हंगामा मचाया गया। कोतवाली में दर्ज शिकायतों के आधार पर ज्ञात और अज्ञात लोगों पर मामला दर्ज किया गया है। ज्ञात आरोपियों में दुर्गेश पटेल, अनीश पटेल, संग पटेल, भाई लाल पटेल, राजाराम पटेल, शिवम पटेल, आयुष पटेल, संजय पटेल और सुभाष पटेल शामिल हैं।
मोहाली जिले में खरड़ पुलिस ने 2 अप्रैल को गैस एजेंसी के कर्मचारियों से हुई साढ़े तीन लाख रुपये की लूट के तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने उनके पास से एक देसी पिस्टल, पांच जिंदा कारतूस, एक एक्टिवा स्कूटर और एक कार बरामद की है। तीनों आरोपियों को खरड़ कोर्ट में पेश किया गया जहां से उन्हें तीन दिन के पुलिस रिमांड पर भेज दिया गया है। एसएसपी हरमनदीप सिंह हंस के निर्देश पर पुलिस टीमों ने तकनीकी इनपुट और गुप्त सूचना के आधार पर कार्रवाई की। आरोपियों की पहचान कर उन्हें 15 अप्रैल को हिरासत में लिया गया। गैस एजेंसी की कलेक्शन लेकर जा रहे थे डीएसपी खरड़ करण सिंह संधू ने बताया कि 2 अप्रैल को विपन कुमार नामक कर्मचारी गैस एजेंसी की कलेक्शन लेकर जा रहा था। रास्ते में बाइक सवार तीन युवकों ने उसे रोका। आरोपियों ने हथियार दिखाकर नकदी से भरा बैग छीन लिया और भागते समय हवा में दो बार फायर भी किए। तीन आरोपी गिरफ्तार घटना के तुरंत बाद पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू की। विभिन्न पहलुओं पर काम करते हुए पुलिस आरोपियों तक पहुंची। गिरफ्तार किए गए आरोपियों की पहचान कुलविंदर सिंह उर्फ किंदा, मनप्रीत सिंह और हरप्रीत सिंह के रूप में हुई है। आरोपियों पर पहले से दर्ज हैं केस जांच में पता चला है कि तीनों आरोपी पहले भी आपराधिक गतिविधियों में शामिल रहे हैं। उनके खिलाफ विभिन्न थानों में नशा तस्करी, आर्म्स एक्ट और मारपीट सहित कई गंभीर मामले दर्ज हैं। पुलिस उनके पुराने रिकॉर्ड की भी जांच कर रही है। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, आरोपियों से वारदात में इस्तेमाल की गई एक अन्य पिस्टल और लूटी गई नकदी बरामद की जानी बाकी है। इस संबंध में उनसे पूछताछ जारी है।
पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने अब तक किसी महिला को भाजपा की राष्ट्रीय अध्यक्ष नहीं बनने पर सवाल उठाए। महिला आरक्षण बिल के मुद्दे पर पीएम नरेंद्र मोदी के लोकसभा में दिए भाषण के बाद गहलोत ने गुरुवार को पलटवार किया। गहलोत ने पीएम मोदी पर देश को भ्रमित करने की कोशिश करने का आरोप लगाते हुए तंज कसा। गहलोत ने कांग्रेस में महिलाओं को दिए गए पदों से तुलना भी की। गहलोत ने एक्स पर लिखा- कांग्रेस महिला आरक्षण की सबसे बड़ी समर्थक है और यह कांग्रेस का ही विजन है। पिछले 25-30 वर्षों में लाखों महिलाओं का ग्रासरूट पॉलिटिक्स में राजनीतिक तौर पर नेतृत्व करने का श्रेय राजीव गांधी और कांग्रेस पार्टी को जाता है। उन्होंने पंचायती राज और स्थानीय निकायों में महिलाओं को आरक्षण देने की पहल की थी। यह राजीव गांधी का सपना था। गहलोत ने लिखा- यह भी याद दिलाना जरूरी है कि यह कांग्रेस की ही सोच थी कि देश को प्रथम महिला राष्ट्रपति के तौर पर प्रतिभा पाटिल मिलीं और महिला प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी हुईं। मीरा कुमार महिला स्पीकर हुईं और भी अनेक पदों पर महिलाओं ने नेतृत्व किया है। हालांकि भाजपा की राष्ट्रीय अध्यक्ष आज तक कोई महिला नहीं बन सकी हैं। कहा- महिला आरक्षण के सभी पक्षधर गहलोत ने लिखा- पीएम मोदी इस मौके पर राजीव गांधी को याद करते और यूपीए सरकार के प्रयासों की बात करते तो सदन में पक्ष-विपक्ष में अच्छा माहौल बनता। इसकी जगह पीएम ने अपने भाषण में देशवासियों को भ्रमित करने की कोशिश की और यह जताने का प्रयास किया( जैसे महिला आरक्षण का कांग्रेस सहित विपक्षी दल विरोध कर रहे हों। जबकि सच्चाई यह है कि महिला आरक्षण के सभी पक्षधर हैं। क्या पीएम ने नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी से चर्चा की? गहलोत ने लिखा- पीएम मोदी के पास आज फिर मौका था कि वे पक्ष-विपक्ष को साथ लेकर चलते, लेकिन उन्होंने इस मौके का इस्तेमाल भी देशवासियों को मिसलीड करने के लिए किया। क्या प्रधानमंत्री ने इतने महत्वपूर्ण विषय पर लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी से चर्चा की? महिला आरक्षण के खिलाफ कोई नहीं है, लेकिन इसकी आड़ में परिसीमन करने का प्रयास किया जा रहा है। क्या परिसीमन के मुद्दे पर दक्षिण के राज्यों सहित सभी राज्यों और अन्य स्टेकहोल्डर्स से चर्चा हुई है?
कैथल जिले में राजौंद के गांव फरीदाबाद की बेटी महक ढुल ने 73वीं सीनियर राष्ट्रीय फेडरेशन ऑफ इंडिया कबड्डी प्रतियोगिता में स्वर्ण पदक जीता है। उन्होंने हिमाचल की टीम को हराकर यह उपलब्धि हासिल की। इस जीत के बाद पूरे गांव में भारी उत्साह का माहौल देखा गया। गांव के लोगों ने डीजे के साथ सेरधा से महक का जोरदार स्वागत किया। गांव पहुंचने पर महक ढुल ने बाबा बिशुनपुरी मंदिर में पूजा-अर्चना की। इसके बाद अमिया पट्टी चौपाल में उनके सम्मान में एक समारोह आयोजित किया गया। इस सम्मान समारोह में ग्राम पंचायत और पूरे गांव की ओर से महक ढूल और उनके कोचों को सम्मानित किया गया। सरपंच प्रतिनिधि पालाराम ने महक को ₹5100 की माला पहनाकर सम्मानित किया। पूर्ण सिंह ने उन्हें 11 हजार की राशि भेंट की। ग्रामीणों ने आशीर्वाद दिया- सम्मानित किया पूर्व सरपंच रमेश और छोटू राम विचार मंच के जिला अध्यक्ष मास्टर सुरेंद्र ढूल ने भी महक को आशीर्वाद दिया और सम्मानित किया। वाल्मीकि समाज ने भी इस अवसर पर महक का सम्मान किया। मंच का संचालन मास्टर सुशील कुमार ने किया, जिन्होंने कहा कि आज बेटियां किसी भी क्षेत्र में बेटों से कम नहीं हैं। इस अवसर पर मेघराज, मांगेराम, वीरेंद्र मास्टर, सत्यवान, करण सिंह, रुपिंदर, पंकज, कैप्टन रामभज, रामचंद्र, रामकुमार, भान सिंह पांचाल, वेदपाल, नंबरदार सोनू, रामदिया, शेर सिंह और दिनेश कुमार सहित कई गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे।
पति को मुकदमे में फंसाने के लिए पत्नी को मारी-गोली:एटा में दूसरे पति ने रची साजिश, आरोपी गिरफ्तार
एटा में एक महिला को गोली मारने की घटना के पीछे उसके दूसरे पति की साजिश सामने आई है। आरोपी ने अपनी पत्नी को गोली मारकर उसके पहले पति को फंसाने की योजना बनाई थी। शुरुआत में घायल महिला ने अपने पहले पति पर गोली मारने का आरोप लगाया था। लेकिन पुलिस जांच में पूरी कहानी ही बदल गई। मामला मलावन थाना क्षेत्र के सौहार गांव का है। घायल महिला को गंभीर हालत में वीरांगना अवंतीबाई मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया। जहां उसका इलाज जारी है। मामले की गंभीरता को देखते हुए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक इलामरन ने तत्काल जांच के आदेश दिए। जांच के दौरान पुलिस ने चौंकाने वाला खुलासा किया। पता चला कि महिला के दूसरे पति देवदत्त ने ही उसे गोली मारी थी। उसका मकसद महिला के पहले पति नीरज को एक पुराने मुकदमे में फंसाना था। पुलिस के अनुसार, माधुरी की शादी करीब 12 साल पहले नीरज से हुई थी। बाद में उसने नीरज को छोड़कर देवदत्त से विवाह कर लिया था। नीरज ने दोनों के खिलाफ कोर्ट में मुकदमा दर्ज कराया था। इसी मुकदमे में दबाव बनाने के लिए यह साजिश रची गई। योजना के तहत देवदत्त ने अपनी पत्नी माधुरी के पैर में गोली मार दी, ताकि मामला गंभीर दिखे और आरोप पहले पति पर लगाया जा सके। पुलिस ने आरोपी देवदत्त को गिरफ्तार कर लिया है। उसके कब्जे से अवैध .315 बोर का तमंचा और एक खोखा बरामद हुआ है। उसे न्यायालय में पेश करने के बाद जेल भेज दिया गया है। पुलिस ने अब महिला माधुरी और उसके पति देवदत्त के खिलाफ संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया है और मामले की आगे की जांच जारी है।
मुजफ्फरपुर में बुधवार को एक सीएसपी से 50 हजार रुपए की लूट हुई। लूट का सीसीटीवी वीडियो सामने आया है। जिसमें बदमाशों की करतूत कैद हो गई है। महज 50 सेकेंड में बदमाशों ने घटना को अंजाम दिया। सीएसपी में लूट के बाद बदमाश फायरिंग करते हुए फरार हो गए। घटना सकरा थाना क्षेत्र के दरधा गांधी चौक की है। जानिए क्या है वीडियो में… सीसीटीवी फुटेज में दिख रहा है कि एक R-15 बाइक से तीन नकाबपोश बदमाश सीएसपी सेंटर पहुंचे। एक बदमाश बाहर बाइक स्टार्ट किए खड़ी रखता है। जबकि, दो बदमाश सेंटर के अंदर जाते हैं। फिर ग्राहकों को हथियार दिखा धमकाया, जिससे तीन ग्राहक अपनी जान बचाकर मौके से भाग जाते हैं। हथियार के बल पर बदमाशों ने CSP संचालक से 50 हजार रुपए की लूट की। पीछा करने पर बदमाशों ने पहले हथियार दिखाकर डराया, फिर फायरिंग करते हुए फरार हो गए। पूरी घटना को बदमाशों ने महज 50 सेकेंड में अंजाम दिया। 20 से 25 उम्र के थे सभी बदमाश मामले में पीड़ित मोहम्मदपुर बदल निवासी सीएसपी संचालक संजीव कुमार ने सकरा थाने में अज्ञात अपराधियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराई है। संचालक ने बताया कि अपराधियों की उम्र लगभग 20 से 25 साल के बीच थी। फायरिंग की आवाज सुनते ही आसपास के लोग सहम गए और दुकानों के शटर गिरने लगे। पूरे मामले में ग्रामीण एसपी राजेश सिंह प्रभाकर ने बताया, सकरा थाना क्षेत्र के दरधा में एसबीआई के सीएसपी केंद्र में हुई इस घटना के बाद एक विशेष टीम अपराधी की गिरफ्तारी में जुट गई है। दहशत फैलाने के लिए बदमाशों ने एक राउंड फायरिंग भी किया है। सीएसपी केंद्र में लगे हुए सीसीटीवी फुटेज के आधार पर अपराधी की शिनाख्त किया जा रहा है। जल्द ही उनकी गिरफ्तारी सुनिश्चित की जाएगी।
नीमच के झांझरवाड़ा फीडर पर शुक्रवार को आवश्यक लाइन मेंटेनेंस किया जाएगा। इसके चलते सुबह 6 बजे से सुबह 10 बजे तक कुल चार घंटे बिजली सप्लाई बंद रहेगी। सहायक यंत्री महेश ठाकुर ने बताया कि रखरखाव कार्य की स्थिति को देखते हुए कटौती के समय को घटाया या बढ़ाया जा सकता है। कृष्णा नगर और स्टेशन रोड सहित कई इलाके प्रभावित बिजली कटौती से शहर के कृष्णा नगर, सिद्धि विनायक कॉलोनी, दुर्गा ऑयल मील, मंडी प्रांगण और स्टेडियम क्षेत्र प्रभावित होंगे। इसके साथ ही बंगला नंबर 59, बंगला नंबर 60 का कुछ हिस्सा, स्विमिंग पूल क्षेत्र और बेनीवाल के कुएं तक बिजली गुल रहेगी। स्टेशन रोड और प्रमुख कॉलोनियों में हाेगी कटौती लाइन मेंटेनेंस के दौरान रेलवे फाटक, स्टेशन रोड, चमड़ा कारखाना, एकता कॉलोनी, अंबेडकर कॉलोनी, ईदगाह के पीछे और फ्रेंड्स कॉलोनी जैसे प्रमुख रहवासी इलाकों में बिजली नहीं रहेगी। विभाग ने मेंटेनेंस कार्य के दौरान उपभोक्ताओं से सहयोग की अपील की है।
मधुबनी में जिलाधिकारी आनंद शर्मा की अध्यक्षता में गुरुवार को समाहरणालय स्थित सभाकक्ष में पोषण पखवाड़ा कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस संबंध में जानकारी देते हुए डीपीओ आईसीडीएस ललिता कुमारी ने बताया कि पोषण पखवाड़ा 2026 के अंतर्गत जिले में कुपोषण को समाप्त करने, शिशु और मातृ मृत्यु दर में कमी लाने तथा आम जनमानस को 'सही पोषण' के प्रति जागरूक करने के लिए जिला स्तरीय सभी विभागों के पदाधिकारियों के साथ रणनीतिक चर्चा की गई। चर्चा के दौरान अंतर्विभागीय समन्वय के तहत स्वास्थ्य, शिक्षा और पंचायती राज विभाग के बीच बेहतर तालमेल बिठाने पर जोर दिया गया। ग्राम स्तर पर आंगनवाड़ी केंद्रों के माध्यम से 'गोद भराई' और 'अन्नप्राशन' जैसे कार्यक्रमों को बड़े स्तर पर आयोजित कर लोगों को जागरूक करने का निर्देश दिया गया। पोषण जन आंदोलन पोर्टल पर शत-प्रतिशत डेटा एंट्री सुनिश्चित करने को कहा गया। साथ ही, मीडिया के माध्यम से सभी स्थानीय समाचार पत्रों और न्यूज़ चैनलों को बैठक के महत्वपूर्ण निर्णयों से अवगत कराने तथा सोशल मीडिया (X, Facebook, Instagram) पर #PoshanPakhwada2026 और #SahiPoshanDeshRoshan जैसे हैशटैग के साथ गतिविधियों को साझा करने का भी निर्देश दिया गया। जिलाधिकारी ने सभी अधिकारियों को निर्देश दिया कि इस पखवाड़े को केवल एक औपचारिकता न मानकर एक जन-आंदोलन बनाया जाए। बैठक में उप-विकास आयुक्त सुमन प्रसाद साह, अपर समाहर्ता मुकेश रंजन, सिविल सर्जन हरेंद्र कुमार, जिला पंचायती राज अधिकारी राकेश कुमार, जिला परिवहन पदाधिकारी रामबाबू, जिला कार्यक्रम पदाधिकारी (डीपीओ) ललिता कुमारी सहित शिक्षा विभाग के अधिकारी एवं अन्य उपस्थित थे।
संभल के पुलिस अधीक्षक कृष्ण कुमार बिश्नोई ने शादी के बाद कार्यभार संभालते ही पिता-पुत्र हत्याकांड का संज्ञान लिया है। उन्होंने इस मामले के एक लाख रुपये के इनामी मास्टरमाइंड के फरार भाई को जल्द गिरफ्तार करने के निर्देश दिए हैं। आरोपी की गिरफ्तारी के लिए 8 टीमें बनाई गई हैं। पुलिस इस घटना में मास्टरमाइंड समेत दो आरोपियों को जेल भेज चुकी है। गुरुवार को पुलिस अधीक्षक बिश्नोई ने बहजोई स्थित अपने कार्यालय में जनसुनवाई की। इसके बाद उन्होंने पुलिस लाइन बहजोई में अधीनस्थों के साथ बैठक कर पिछले 20 दिनों की घटनाओं की समीक्षा की। इस दौरान उन्होंने तहसील गुन्नौर के थाना धनारी क्षेत्र के गांव भिरावटी में हुए पिता-पुत्र हत्याकांड के फरार आरोपी की गिरफ्तारी की प्रगति पर विशेष जानकारी ली। एसपी ने बताया कि इस मामले में दो आरोपी, अरविंद पुत्र जोगिंदर (निवासी रझेड़ा सलेमपुर, थाना कैलादेवी) और मनोज (निवासी बदायूं), मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार कर जेल भेजे जा चुके हैं। हालांकि, घटना का मास्टरमाइंड और अरविंद का सगा भाई अभी भी फरार है, जिस पर एक लाख रुपये का इनाम घोषित है। उन्होंने यह भी बताया कि वारदात में इस्तेमाल पिकअप लोडर गाड़ी अभी तक बरामद नहीं हुई है। फरार आरोपी की गिरफ्तारी के लिए छह नियमित टीमों के अलावा एसओजी और सर्विलांस टीमें सूचना के आधार पर लगातार दबिश दे रही हैं। पिता-पुत्र नरेश यादव (पुत्र दिसंबर यादव) और उनके बेटे भीमसेन यादव संभल जनपद की तहसील गुन्नौर के थाना धनारी क्षेत्र के गांव भिरावटी के निवासी थे। तीन आरोपियों ने मेरठ से 'लेवल' लाने के बहाने उनकी पिकअप लोडर गाड़ी बुक की थी। 02 अप्रैल को थाना कैलादेवी क्षेत्र के गांव सौंधन की साप्ताहिक बाजार से मेरठ जाते समय उसी रात उनकी हत्या कर दी गई थी। 6 अप्रैल को एसपी कार्यालय बहजोई पर धरना प्रदर्शन के बाद 7 अप्रैल को जनपद शामली के जंगल से दोनों के शव बरामद हुए थे।
श्रीगंगानगर में एक साधारण किसान को फर्जी तरीके से व्यापारिक फर्म का प्रोप्राइटर बना कर करोड़ों रुपए का माल उठाने का बड़ा फर्जीवाड़ा सामने आया है। पूनिया ट्रेडर्स के नाम से खाद, बीज और पेस्टिसाइड्स का व्यापार करने वाले रमन पूनिया पर आरोप है कि उन्होंने गांव के किसान रिछपाल बिश्नोई को हिस्सेदार बनने का लालच देकर बैंक के कागजातों पर दस्तखत करवा लिए। इसके बाद चेक बुक अपने पास में रख ली। बाद में किसान के नाम से अनादरित चेक देकर कई फर्मों से माल मंगवाया और अब किसान पर करोड़ों की देनदारी के कानूनी नोटिस आ रहे हैं। चेक बुक जारी करवा कर अपने पास रखने का आरोप किसान रिछपाल बिश्नोई पुत्र शंकरलाल, निवासी गांव 65 एलएनपी ने एसपी को शिकायत देकर रमन पूनिया, निवासी कालूवाला के खिलाफ मुकदमा दर्ज करने की मांग की है। पुलिस के अनुसार, रमन पूनिया का ननिहाल पीड़ित के गांव में है, जिसके चलते दोनों के बीच जानकारी हुई। रिछपाल बिश्नोई ने शिकायत में बताया- रमन पूनिया ने उन्हें साधुवाली बाइपास पर स्थित पूनिया ट्रेडर्स फर्म में पार्टनर बनाने का प्रस्ताव दिया और कहा कि घर बैठे पैसे कमा कर दूंगा। इसके लिए बैंक से लोन दिलवाने का बहाना बनाकर कागजातों पर हस्ताक्षर करवा लिए। निजी बैंक में किसान का खाता खुलवाकर चेक बुक जारी कराई और उसे अपने पास रख लिया। लोन न मिलने पर हिस्सेदारी की बात खत्म की कुछ दिनों बाद रमन पूनिया ने बताया कि लोन नहीं मिला, इसलिए हिस्सेदारी की बात खत्म। लेकिन असली खेल उसके बाद शुरू हुआ। वर्ष 2023 में रमन पूनिया उनके घर आए और कुछ लिफाफे थमा दिए। इनमें किसान के नाम से चेक अनादरित (बाउंस) होने पर कानूनी कार्रवाई के नोटिस थे। हैरान किसान ने देखा कि वह कभी फर्म का प्रोप्राइटर ही नहीं बना था, फिर भी उसके नाम पर करोड़ों रुपए का माल विभिन्न फर्मों से उठाया गया और चेक उनके नाम के दिए गए। किसान बोला- मैं खेतीबाड़ी करता हूं, इन सबसे अनजान किसान ने बताया- मुझे फंसाने के लिए पूरा फर्जीवाड़ा रचा गया। मैं खेती-बाड़ी करता हूं, व्यापार की इन बातों से अनजान था। अब कंपनियों से कानूनी नोटिस आ रहे हैं और करोड़ों की देनदारी मेरे सिर पर लाद दी गई है। फिलहाल पुलिस इस मामले की जांच कर रही है। रमन पूनिया पर धोखाधड़ी, जालसाजी और विश्वासघात के गंभीर आरोप लगे हैं। श्रीगंगानगर पुलिस के सूत्रों का कहना है कि पूनिया ट्रेडर्स के नाम से पंजाब इलाके में दुकान चलाई जा रही थी और कई फर्मों से माल मंगवाकर किसान के नाम पर चेक दिए गए।
रामपुर में स्कॉर्पियो पर फायरिंग मामले में दो गिरफ्तार:3 दिन पुरानी घटना का एक आरोपी फरार, तलाश जारी
रामपुर में स्कॉर्पियो पर फायरिंग मामले में पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। यह घटना तीन दिन पहले बिलासपुर थाना क्षेत्र में हुई थी। एक अन्य आरोपी अभी भी फरार है, जिसकी तलाश जारी है। बिलासपुर थाना क्षेत्र में कुछ युवकों ने एक स्कॉर्पियो सवार पर फायरिंग की थी। इस घटना से इलाके में दहशत फैल गई थी। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू की। पुलिस ने तकनीकी साक्ष्य और मुखबिरों की सूचना के आधार पर दो आरोपियों को पकड़ा। गिरफ्तार किए गए आरोपियों के पास से घटना में इस्तेमाल किए गए अवैध हथियार भी बरामद हुए हैं। तीसरे फरार आरोपी की गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीमें लगातार छापेमारी कर रही हैं। पुलिस अधिकारी किशन दास ने बताया कि आरोपियों ने आपसी रंजिश के चलते स्कॉर्पियो पर फायरिंग की थी। उन्होंने यह भी जानकारी दी कि तीन दिन पहले मामूली कहासुनी और पुरानी रंजिश के कारण यह घटना हुई थी। गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ जारी है। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है। प्रभारी निरीक्षक जीत सिंह ने कहा कि अपराधियों को बख्शा नहीं जाएगा और जिले में शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए सख्त कदम उठाए जा रहे हैं। फरार आरोपी को भी जल्द गिरफ्तार कर न्यायालय के समक्ष पेश किया जाएगा।
समस्तीपुर-दरभंगा मुख्य सड़क के कल्याणपुर थाने के पास गुरुवार शाम साले की शादी में पत्नी के साथ ससुराल जा रहा युवक हादसे का शिकार हो गया। जिससे उसकी मौत हो गई। मृतक की पहचान कल्याणपुर थाने के धोबगामा गांव के राजगीर ठाकुर के बेटे अमित कुमार के रूप में की गई। कल्याणपुर पुलिस मौके पर पहुंची और पोस्टमार्टम की प्रक्रिया शुरू कर दी है। मृतक के परिजनों का कहना है कि अमित गांव में खोतीबारी का काम करता था। शुक्रवार को उसके साले की शादी मुजफ्फरपुर में होनी थी। आज ससुराल में हल्दी की रस्म थी। जिस रस्म में भाग लेने के लिए वह बाइक से अपनी पत्नी के साथ जा रहा था। इसी दौरान कल्याणपुर थाने के पास समस्तीपुर से दरभंगा की ओर जा रही एक दूध टैंकर ने उसकी बाइक में ठोकर मार दी। इस घटना में अमित गंभीर रूप से जख्मी हो गये। जबकि उसकी पत्नी को हल्की चोट आयी। ड्राइवर गाड़ी से कूद कर फरार दूध टैंकर का ड्राइवर गाड़ी से कूद कर फरार हो गया। हल्ला होने पर कल्याणपुर थाने की पुलिस व आसपास के लोगों ने उन्हें सदर अस्पताल पहुंचाया। जहां डॉक्टर ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। मौत की सूचना के साथ ही उसकी पत्नी की चीत्कार से अस्पताल परिसर में लोगों की भीड़ जुट गई। अस्पताल प्रशासन के सहयोग मृतक के घर घटना की जानकारी दी गई। देर शाम मृतक के परिवार वाले सदर अस्पताल पहुंचे हैं। सदर डीएसपी-2 संजय कुमार ने बताया कि सड़क हादसे में युवक की मौत हुई है। घटना स्थल से पुलिस ने दूध टैंकर व बाइक को जब्त किया है।पुलिस ने शव का पंचनामा बनाकर पोस्टमार्टम कराने की प्रक्रिया में जुटी है। रात में ही पोस्टमार्टम कराया जाएगा। घटना को लेकर एक प्राथमिकी दर्ज की जा रही है।
हरियाणा के नरवाना की नई अनाज मंडी (मेला मंडी) में वीरवार को इंडियन नेशनल लोकदल (इनेलो) के वरिष्ठ नेता अभय सिंह चौटाला ने किसानों और कार्यकर्ताओं को संबोधित किया। इस दौरान उन्होंने प्रदेश सरकार की गेहूं खरीद नीति पर सवाल उठाए और कहा कि सरकार द्वारा बनाई गई कई शर्तें किसानों के हित में नहीं थीं। अभय चौटाला ने अपने संबोधन में कहा कि सरकार ने गेहूं खरीद के लिए समय सीमा तय करने और ट्रैक्टरों पर नंबर प्लेट अनिवार्य करने जैसी शर्तें लागू करने का प्रयास किया था। इन शर्तों से किसानों को काफी परेशानी हो रही थी। उन्होंने दावा किया कि इनेलो और किसानों के विरोध के कारण सरकार को ये नीतियां वापस लेनी पड़ीं। किसानों की लड़ाई लड़ती रही है इनेलो : चौटाला चौटाला ने कहा कि, इनेलो हमेशा से किसानों के हक की लड़ाई लड़ती रही है। उन्होंने आश्वासन दिया कि यदि भविष्य में सरकार कोई ऐसी नीति लाती है जिससे किसानों को संकट या दुविधा का सामना करना पड़ता है, तो पार्टी का हर कार्यकर्ता किसानों के साथ मजबूती से खड़ा रहेगा। उन्होंने मंडियों में इनेलो द्वारा स्थापित सहायता केंद्रों का भी उल्लेख किया। चौटाला ने बताया कि ये केंद्र किसानों की मदद के लिए लगातार कार्यरत हैं। उन्होंने भरोसा दिलाया कि जब तक किसानों की फसल का एक-एक दाना नहीं बिक जाता, तब तक पार्टी के कार्यकर्ता मंडियों में रहकर किसानों की हर संभव सहायता करते रहेंगे। सरकार से ठोस कदम उठाने की मांग इस अवसर पर रामपाल माजरा सहित अन्य स्थानीय नेता और बड़ी संख्या में किसान मौजूद थे। उन्होंने चौटाला के संबोधन का समर्थन किया और सरकार से किसान हित में ठोस कदम उठाने की मांग की।
नारी शक्ति वंदन अधिनियम के तहत 18 अप्रैल को इंदौर में विशाल ‘नारी शक्ति मैराथन’ का आयोजन किया जाएगा। यह मैराथन सुबह 6.30 बजे राजबाडा से प्रारंभ होकर गांधी तक जाएगी। आयोजन में शहर की महिलाओं का व्यापक प्रतिनिधित्व रहेगा। मैराथन की तैयारियों को लेकर गुरुवार को प्रशासनिक बैठक आयोजित की गई। कलेक्टर शिवम वर्मा ने बताया कि यह आयोजन पूरी भव्यता और उत्साह के साथ किया जाएगा। इसमें शासकीय और निजी संस्थानों के साथ-साथ स्कूल और कॉलेज के विद्यार्थी भी भाग लेंगे। कलेक्टर ने कहा कि पुलिस, नगर निगम और अन्य संबंधित विभागों को आवश्यक जिम्मेदारियां सौंप दी गई हैं, ताकि आयोजन सुचारु रूप से संपन्न हो सके। सुरक्षा और ट्रैफिक व्यवस्था पर विशेष फोकस मैराथन में विभिन्न शासकीय और निजी संस्थानों की भागीदारी सुनिश्चित की जा रही है। आयोजन के दौरान सुरक्षा और ट्रैफिक व्यवस्था के लिए पुलिस बल की विशेष तैनाती की जाएगी। प्रशासन का उद्देश्य इस मैराथन के माध्यम से नारी शक्ति के सम्मान और सशक्तिकरण का संदेश जन-जन तक पहुंचाना है।
राजधानी रायपुर में नगर निगम के जोन 10 अमलीडीह कार्यालय से करीब 100 एकड़ जमीन से जुड़ी अहम फाइल गायब हो गई है। इस पूरे घटनाक्रम से निगम प्रशासन में हड़कंप मच गया है। शुरुआती जांच में इस गड़बड़ी के पीछे बिल्डरों को फायदा पहुंचाने की आशंका जताई जा रही है। जानकारी के मुताबिक, जोन 10 के अंतर्गत आने वाले बोरियाकला इलाके के ओम नगर, साईं नगर और बिलाल नगर क्षेत्र से जुड़े 69 भूखंडों की लेआउट फाइल रहस्यमय तरीके से गायब हो गई है। बताया जा रहा है कि यह फाइल जोन कार्यालय से नगर निगम मुख्यालय भेजी जानी थी, लेकिन इसे सीधे टाउन एंड कंट्री प्लानिंग विभाग (नगर निवेश) को भेज दिया गया, जो आवास और पर्यावरण विभाग के अधीन आता है। नियमों के खिलाफ फाइल सीधे भेजना निगम मुख्यालय के अधिकारियों का कहना है कि इस तरह सीधे फाइल भेजना नियमों के खिलाफ है। सामान्य प्रक्रिया के तहत सभी फाइलें पहले निगम मुख्यालय भेजी जाती हैं, जहां से आगे की कार्रवाई के लिए संबंधित विभाग को प्रेषित किया जाता है। ऐसे में फाइल का इस तरह गायब होना और प्रक्रिया से हटकर भेजा जाना गंभीर अनियमितता की ओर इशारा करता है। मामले के सामने आते ही नगर निगम आयुक्त ने सख्त रुख अपनाते हुए जोन कमिश्नर को तत्काल प्रभाव से मुख्यालय अटैच कर दिया है। साथ ही पूरे मामले की जांच के आदेश भी दिए गए हैं। निगम प्रशासन का मानना है कि यह सिर्फ लापरवाही नहीं, बल्कि सुनियोजित तरीके से किया गया खेल हो सकता है। सभी जोन कार्यालयों को पत्र जारी किया गया जोन कमिश्नर मोनेश्वर शर्मा का कहना है कि मुख्यालय से शिकायत मिलने के बाद सभी जोन कार्यालयों को पत्र जारी किया जा रहा है, ताकि ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो। उन्होंने यह भी बताया कि मामले में एफआईआर दर्ज कराने की तैयारी की जा रही है, जिससे जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जा सके। मामले में एफआईआर दर्ज कराने की तैयारी है। जांच के बाद होगा खुलासा फिलहाल इस पूरे मामले में यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि फाइल किस स्तर पर और किन परिस्थितियों में गायब हुई। हालांकि निगम प्रशासन की जांच के बाद ही पूरे घटनाक्रम का खुलासा हो सकेगा। महापौर ने दिया कार्रवाई का आश्वासन निगम जोन कार्यालय से फाइल गायब होने के मामले को महापौर मीनल चौबे ने गलत बताया है। उन्होंने संबंधित लोगों के खिलाफ ठोस कार्रवाई करने की बात कही है। दैनिक भास्कर से चर्चा के दौरान महापौर ने कहा कि इस तरह के मामलों में कार्रवाई होनी चाहिए, ताकि संबंधित अधिकारियों के हौसले न बढ़ें।
जोधपुर में 77वें राजस्थान पुलिस स्थापना दिवस पर गुरुवार को कई कार्यक्रम आयोजित किए गए। पुलिस आयुक्तालय और राजस्थान पुलिस प्रशिक्षण केंद्र (आरपीटीसी) में कार्यक्रम हुए। पुलिस लाइन में कमिश्नर शरत कविराज की मौजूदगी में परेड, प्रदर्शनी और पुलिसकर्मियों के मुफ्त इलाज के लिए एमओयू हुआ। वहीं आरपीटीसी मंडोर में दीक्षांत परेड के साथ 57 नए कॉन्स्टेबल पुलिस बेड़े में शामिल हुए, जिनमें 43 महिला कॉन्स्टेबल हैं। कमिश्नरेट: 6 प्लाटून की परेड, मेडीपल्स अस्पताल से एमओयू रातानाडा रिजर्व पुलिस लाइन स्थित शहीद ताराचंद स्टेडियम में आयोजित समारोह में पुलिस कमिश्नर शरत कविराज ने परेड की सलामी ली। परेड में RAC, महिला, पुरुष, ट्रैफिक और कालिका पेट्रोलिंग यूनिट सहित 6 प्लाटून शामिल रहीं। पुलिसकर्मियों के स्वास्थ्य संरक्षण के लिए पुलिस आयुक्त ने 'मेडीपल्स अस्पताल' के साथ एमओयू किया है। इसके तहत पुलिस अधिकारियों व कर्मचारियों का निःशुल्क मेडिकल परीक्षण किया जाएगा। डीसीपी (मुख्यालय व यातायात) शहीन सी के निर्देशन में पुलिस प्रदर्शनी भी लगाई गई। इसमें हथियारों, यातायात शिक्षा और साइबर अपराध के प्रति जागरूक किया गया। आयुक्त ने बताया- अब मीडिया से मिलने वाले इनपुट को सीधे पीसीआर से जोड़कर कार्रवाई की जाएगी। आरपीटीसी: 57 नए कॉन्स्टेबल ने ली शपथ, विश्रामदेवी ने किया नेतृत्व आरपीटीसी के सुल्तान सिंह स्टेडियम में 90/25 बैच के 39 और 91/25 बैच के 18 (कुल 57) नए कॉन्स्टेबल की दीक्षांत परेड हुई। इसका नेतृत्व महिला नवआरक्षी विश्रामदेवी ने किया। मुख्य अतिथि डीआईजी देवेंद्र कुमार बिश्नोई ने परेड की सलामी ली और जवानों को कानून के दायरे में रहकर अपराधियों में खौफ बनाए रखने का संदेश दिया। आरपीटीसी प्रधानाचार्य महावीर सिंह राणावत ने बताया कि ट्रेनिंग में साइबर क्राइम, सीसीटीएनएस और नवीन आपराधिक कानूनों पर विशेष जोर दिया गया है। उत्कृष्ट जवान, मेधावी बच्चे और अंगदाता के परिजन सम्मानित पुलिस लाइन में आयुक्त ने वर्ष 2025 के लिए उत्कृष्ट सेवा, अति उत्तम सेवा और उत्तम सेवा चिन्ह देकर अधिकारियों व जवानों को सम्मानित किया। वहीं आरपीटीसी में डीआईजी ने बैच 90/25 की पूनम को सर्वश्रेष्ठ ऑलराउंडर व बेस्ट इंडोर, विश्रामदेवी को बेस्ट आउटडोर व बेस्ट ड्रिल और कविता को बेस्ट फायरर का अवार्ड दिया। 91/25 बैच में अंजू सैनी ऑलराउंडर व इंडोर में, रामकिशोर आउटडोर, सर्विश सिंह फायरर और प्रिया ड्रिल में बेस्ट रहे। इसके अलावा आरपीटीसी में अंगदान करने वाले विक्रम कुमार, विमल कुमार और सेवाराम के परिजनों को मरणोपरांत सम्मानित किया गया। सांस्कृतिक संध्या, पौधरोपण और 40 यूनिट रक्तदान स्थापना दिवस की पूर्व संध्या पर पुलिस लाइन और आरपीटीसी दोनों जगह सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन हुआ। इसमें पुलिसकर्मियों के बच्चों ने देशभक्ति और राजस्थानी गीतों पर प्रस्तुतियां दीं। आरपीटीसी में 'बड़ा खाना' भी आयोजित हुआ। पुलिस लाइन में गुरुवार को पौधरोपण के साथ-साथ एमडीएम अस्पताल की टीम के सहयोग से आरपीटीसी में 40 यूनिट और पुलिस लाइन अस्पताल में पुलिसकर्मियों द्वारा रक्तदान किया गया। कमिश्नरेट में डीसीपी जिला पूर्व मनीष कुमार चौधरी और डीसीपी जिला पश्चिम कमल शेखावत सहित कई अधिकारी मौजूद रहे। अंत में पुलिस लाइन में सामुदायिक पुलिस बैंड की धुनों ने सभी का मन मोह लिया।
दरभंगा के हायाघाट थाना क्षेत्र के हथौड़ी ऑटो स्टैंड पर आज वसूली को लेकर विवाद खड़ा हो गया। स्टैंड इंचार्ज और ऑटो ड्राइवरों के बीच कहासुनी मारपीट में बदल गई, जिसके बाद आक्रोशित चालकों ने हड़ताल कर दी और थाने पहुंचकर न्याय की गुहार लगाई। ऑटो चालक रौशन कुमार ने हायाघाट थाना में लिखित आवेदन देकर आरोप लगाया है कि स्टैंड इंचार्ज की ओर से लंबे समय से जबरन मनमाना पैसा वसूला जा रहा है। तय राशि से अधिक पैसे की मांग की जाती है और विरोध करने पर मारपीट की जाती है। स्टैंड इंचार्ज ने जबरन ₹50 की मांग की चालक के अनुसार,गुरुवार को भी स्टैंड इंचार्ज ने जबरन ₹50 की मांग की। पैसा देने से इनकार करने पर उसके साथ मारपीट की गई, जिसके बाद अन्य चालक भी आक्रोशित हो गए और सभी ने एकजुट होकर काम बंद कर दिया। ऑटो चालक भारत यादव ने बताया कि स्टैंड शुरू होने के बाद से ही नया इंचार्ज अधिक वसूली कर रहा है। उसका कहना है कि वह 20 लाख रुपये में स्टैंड का ठेका लिया है, इसलिए ड्राइवरों से मनमाने तरीके से पैसे वसूले जा रहे हैं। ड्राइवरों का कहना है कि निर्धारित किराये में ही वे सवारी ढोते हैं, ऐसे में अतिरिक्त राशि देना संभव नहीं है। घायल ई-रिक्शा चालक रौशन कुमार ने बताया कि प्रतिदिन बैरियर शुल्क जमा किया जाता है, लेकिन इस बार पहले ही पैसे की मांग को लेकर विवाद हुआ और उसके साथ मारपीट की गई। उन्होंने आरोप लगाया कि गाड़ी नहीं चलने पर भी जबरन पैसे मांगे जाते हैं। लिखित आवेदन देकर कार्रवाई की मांग की घटना के बाद सभी चालक हायाघाट थाना पहुंचे और लिखित आवेदन देकर कार्रवाई की मांग की। चालकों ने चेतावनी दी है कि जब तक जबरन वसूली और मारपीट पर रोक नहीं लगती, तब तक उनका आंदोलन जारी रहेगा। इधर, पुलिस ने आवेदन प्राप्त कर मामले की जांच शुरू कर दी है और उचित कार्रवाई का आश्वासन दिया है।
भीमनगरी मंच पर पहुंचे चंद्रशेखर आजाद:जोरदार स्वागत, आंबेडकर के अनुयायियों को करेंगे संबोधित
आगरा में जीआईसी ग्राउंड में चल रही 31वीं भीमनगरी का आज दूसरा दिन है। गुरुवार को यहां दहेज रहित 100 जोड़ों का सामूहिक विवाह समारोह आयोजित किया गया। शाम 6 बजे 100 घोड़ों पर सवार दूल्हों की भव्य बारात निकाली गई, जिसने पूरे माहौल को उत्साह से भर दिया। सामूहिक विवाह के बाद कार्यक्रम के मुख्य अतिथि आजाद समाज पार्टी के अध्यक्ष और नगीना से सांसद चंद्रशेखर आजाद मंच पर पहुंचे। पंडाल में मौजूद अंबेडकर आर्मी और भीम आर्मी के कार्यकर्ताओं ने उनका गर्मजोशी से स्वागत किया। इस दौरान पूरा परिसर 'जय भीम' के नारों से गूंज उठा। चंद्रशेखर आजाद कुछ ही देर में डॉ. भीमराव आंबेडकर के अनुयायियों को संबोधित करेंगे।
दमोह के जबेरा में गुबरा-सिहोरा मार्ग पर गुरुवार शाम एक अज्ञात वाहन ने बाइक सवार परिवार को टक्कर मार दी। इस सड़क हादसे में 45 वर्षीय सीताबाई की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि उनके पति बेडी लाल गोड़ और पुत्र दशरथ गोड़ गंभीर घायल हो गए। तीनों बाइक पर सवार होकर मझौली से वापस अपने गांव चरगवां कूड़ा लौट रहे थे। सिंगपुर फॉरेस्ट बैरियर के पास हुई टक्कर जबलपुर जिले के निवासी यह परिवार जब मझौली से लौट रहा था, तभी सिंगपुर फॉरेस्ट बैरियर कटाव के पास तेज रफ्तार वाहन ने उनकी बाइक को टक्कर मारी। टक्कर इतनी भीषण थी कि महिला ने घटनास्थल पर ही दम तोड़ दिया। स्थानीय निवासी और 108 एंबुलेंस की मदद से घायल पिता-पुत्र को तत्काल मझौली स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया गया, जहां उनका उपचार जारी है। सीसीटीवी कैमरे तलाश रही पुलिस सीग्रामपुर चौकी पुलिस ने घटनास्थल का मुआयना कर अज्ञात वाहन चालक के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है। प्रधान आरक्षक रणधीर सिंह ने बताया कि बाइक पर तीन लोग सवार थे। पुलिस अब आसपास के क्षेत्रों में लगे सीसीटीवी कैमरों और गवाहों के आधार पर फरार वाहन की तलाश कर रही है।
खैरथल-तिजारा जिले में गुरुवार को जिला स्तरीय जनसुनवाई का आयोजन जिला सचिवालय सभागार में किया गया। कलेक्टर अतुल प्रकाश की अध्यक्षता में आयोजित इस जनसुनवाई में कुल 55 प्रकरण सामने आए, जिनमें आमजन से जुड़े कई गंभीर मुद्दे शामिल रहे। जनसुनवाई के दौरान अतिक्रमण, पेयजल संकट, फर्जी पट्टों की शिकायतें, पीएम आवास योजना का भुगतान, जमीन विवाद, रास्ता खुलवाने, नामांतरण, मुआवजा और श्मशान भूमि से अतिक्रमण हटाने जैसे मामलों को प्रमुखता से उठाया गया। कलेक्टर बोले- आमजन का टाइम पर हो काम कलेक्टर ने सभी संबंधित विभागों को स्पष्ट निर्देश दिए कि इन मामलों का समयबद्ध और प्रभावी निस्तारण सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने कहा कि जनसुनवाई केवल औपचारिकता नहीं, बल्कि आम लोगों को राहत देने का माध्यम है, इसलिए हर शिकायत पर गंभीरता से काम किया जाए। पेयजल की समस्याओं का तुरंत समाधान पेयजल संकट को लेकर कलेक्टर ने पीएचईडी के अधीक्षण अभियंता को बंबोरा क्षेत्र का मौके पर जाकर निरीक्षण करने और जल्द समाधान सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। इसके साथ ही पीएम सम्मान निधि और पेंशन योजनाओं से जुड़े मामलों में मौके पर ही सत्यापन कर लाभार्थियों को लाभ दिलाने की प्रक्रिया शुरू कराई गई, ताकि लोगों को तुरंत राहत मिल सके। अधिकारियों को बोले- फाइल नहीं, जमीन पर दिखे काम कलेक्टर अतुल प्रकाश ने अधिकारियों को स्पष्ट शब्दों में कहा कि कार्रवाई केवल फाइलों तक सीमित नहीं रहनी चाहिए, बल्कि उसका असर जमीन पर नजर आना चाहिए। उन्होंने चेतावनी दी कि आगामी साप्ताहिक समीक्षा बैठक में सभी मामलों की गुणवत्ता के आधार पर समीक्षा की जाएगी, जिससे यह परखा जा सके कि शिकायतों का वास्तविक समाधान हुआ है या नहीं। जनसुनवाई में विधायक दीपचंद खैरिया, जिला प्रमुख बलबीर छिल्लर, अतिरिक्त जिला कलेक्टर शिवपाल जाट सहित सभी जिला स्तरीय अधिकारी उपस्थित रहे। वहीं, उपखंड स्तर के अधिकारी वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से इस बैठक से जुड़े रहे।
पंजाब के बरनाला जिले में धनौला के पास बडवर टोल प्लाजा पर टोल कर्मचारियों ने कैशलेस प्रणाली के विरोध में तीन घंटे तक टोल फ्री कर दिया। यह प्रदर्शन टोल प्लाजा वर्कर्स यूनियन पंजाब ने भारतीय किसान यूनियन (एकता उगराहां) और अन्य संगठनों के साथ मिलकर किया। कर्मचारियों का कहना है कि केंद्र सरकार की यह नीति जमीनी हकीकत से मेल नहीं खाती। इससे आम लोगों के साथ-साथ कर्मचारियों को भी काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। सर्वर डाउन होने से लगती हैं कतारें यूनियन नेताओं ने बताया कि देश की एक बड़ी आबादी अभी भी नकद लेन-देन पर निर्भर है। कई लोग यूपीआई, नेट बैंकिंग या गूगल पे जैसी डिजिटल सुविधाओं का उपयोग नहीं करते, ऐसे में पूरी तरह कैशलेस व्यवस्था लागू करना व्यावहारिक नहीं है। कर्मचारियों ने यह भी बताया कि सर्वर डाउन होने और नेटवर्क फेल होने की स्थिति में टोल प्लाजाओं पर वाहनों की लंबी कतारें लग जाती हैं। विवाद बढ़ने से कर्मचारियों की सुरक्षा खतरे में इससे यात्रियों को घंटों इंतजार करना पड़ता है और कई बार वाहन चालकों तथा कर्मचारियों के बीच विवाद भी बढ़ जाते हैं, जिससे कर्मचारियों की सुरक्षा खतरे में पड़ रही है। टोल प्लाजा पर नकद और डिजिटल दोनों तरह के भुगतान विकल्प उपलब्ध कराए जाएं, साथ ही कर्मचारियों की सुरक्षा के लिए पुलिस व्यवस्था सुनिश्चित की जाए और सरकार यूनियन से बातचीत करे। अनिश्चितकाल के लिए टोल फ्री करने की चेतावनी बीकेयू उगराहां के नेताओं ने चेतावनी दी कि यदि सरकार ने उनकी मांगें नहीं मानीं तो आने वाले दिनों में टोल प्लाजाओं को अनिश्चितकाल के लिए फ्री किया जा सकता है। उन्होंने केंद्रीय सड़क परिवहन मंत्री नितिन गडकरी से इस मामले में तुरंत हस्तक्षेप करने की अपील की है। किसान, मजदूर और अन्य संगठनों का समर्थन इस प्रदर्शन के दौरान किसान, मजदूर और अन्य संगठनों के प्रतिनिधियों ने कर्मचारियों का समर्थन किया। उन्होंने कहा कि वे हर संघर्ष में उनके साथ खड़े रहेंगे। इस मौके पर भारतीय किसान यूनियन उगराहां के नेता रूप सिंह छन्नां, ब्लॉक प्रधान बलौर सिंह छन्नां, दर्शन सिंह भैणी महिराज, बलविंदर सिंह छन्नां, कृष्ण सिंह छन्नां सहित कई कर्मचारी मौजूद रहे।
मेरठ में तेज रफ्तार कार से बच्ची को टक्कर:विरोध करने पर परिवार पर लाठी-डंडों से हमला, बच्ची गंभीर
मेरठ के भावनपुर थाना क्षेत्र में एक तेज रफ्तार कार ने छह साल की बच्ची को टक्कर मार दी, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गई। घटना के विरोध में बच्ची के परिवार पर लाठी-डंडों और धारदार हथियारों से हमला किया गया। किनानगर निवासी छह वर्षीय मायरा पुत्री जबर सिंह को गुरुवार शाम गांव के ही अंकुश ने अपनी तेज रफ्तार कार से टक्कर मार दी थी। टक्कर से मायरा को कई जगह गहरे घाव आए हैं और उसकी हालत गंभीर बनी हुई है। परिजनों द्वारा घटना का विरोध करने पर मामला बढ़ गया। आरोप है कि इसके बाद आरोपी अंकुश अपने पिता और भाइयों के साथ मायरा के घर में घुस गया और लाठी-डंडों व धारदार हथियारों से हमला कर दिया। इस हमले में मायरा के पिता जबर सिंह को भी चोटें आई हैं। घटना की सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और घायलों को उपचार के लिए अस्पताल भेजा। पीड़ित पक्ष ने आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग करते हुए थाने में तहरीर दी है। बच्ची के पिता जबर सिंह ने आरोप लगाया है कि पुलिस राजनीतिक दबाव के चलते उन पर समझौते का दबाव बना रही है और उनका मुकदमा दर्ज नहीं किया गया है। वहीं, थाना पुलिस का कहना है कि मामले की जांच की जा रही है और जांच के आधार पर आरोपियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
फरीदाबाद जिले के अनंगपुर गांव में इन दिनों तेंदुए की मौजूदगी से ग्रामीणों में दहशत का माहौल बना हुआ है। बुधवार देर रात रिहायशी इलाके में तेंदुए के बेखौफ घूमने की घटना सामने आई है। गांव के एक युवक ने तेंदुए को गांव के पास घूमते हुए देखा और उसका वीडियो अपने मोबाइल फोन में रिकॉर्ड कर लिया। यह वीडियो सामने आने के बाद पूरे गांव में डर और चिंता का माहौल बन गया है। गांव के निवासी सुशील भड़ाना ने बताया कि पिछले कुछ दिनों से इलाके में तेंदुए की गतिविधियां देखने को मिल रही हैं। उन्होंने कहा कि शाम ढलते ही गांव के लोगों में डर का माहौल बन जाता है और लोग अपने घरों से बाहर निकलने से बचने लगे हैं। तेंदुआ दिखने से लोगों में डर का माहौल है ग्रामीणों का कहना है कि पहले तेंदुए को आसपास के पहाड़ी और जंगल वाले इलाकों में देखा जाता था, लेकिन अब वह रिहायशी क्षेत्रों के पास भी दिखाई दे रहा है। तेंदुए की मौजूदगी के कारण ग्रामीण अपने बच्चों और बुजुर्गों की सुरक्षा को लेकर काफी चिंतित हैं। अंधेरा होते ही लोग अपने घरों के दरवाजे बंद कर लेते हैं और बिना जरूरी काम के बाहर निकलने से बचते हैं। कई लोग समूह में ही बाहर जाने की कोशिश करते हैं ताकि किसी भी अनहोनी से बचा जा सके। वन विभाग और प्रशासन से तेंदुए को पकड़े की मांग ग्रामीणों का कहना है कि यह पहली बार नहीं है जब इलाके में तेंदुए को देखा गया हो। इससे पहले भी कई बार आसपास के क्षेत्रों में तेंदुए की हलचल देखी जा चुकी है। हालांकि अब उसका रिहायशी इलाके में आना लोगों के लिए चिंता का विषय बन गया है। गांव के लोगों ने वन विभाग और प्रशासन से जल्द कार्रवाई करने की मांग की है। ग्रामीणों का कहना है कि यदि समय रहते उचित कदम नहीं उठाए गए तो कोई बड़ा हादसा हो सकता है। उन्होंने इलाके में निगरानी बढ़ाने और तेंदुए को पकड़कर सुरक्षित स्थान पर छोड़ने की मांग की है, ताकि गांव के लोगों को इस डर के माहौल से राहत मिल सके।
मोतिहारी के घोड़ासहन थाना क्षेत्र के गुर मियां गांव में करंट लगने से एक किसान की मौत हो गई। मृतक की पहचान 37 वर्षीय बाबू साह के रूप में की गई है। यह घटना सुबह करीब 9 बजे हुई। बाबू साह अपने मक्के के खेत में निजी मोटर से पानी पटा रहे थे। इसी दौरान वे मोटर के खुले तार की चपेट में आ गए, जिससे उन्हें करंट लग गया। शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेजा गयाघटना के बाद मौके पर मौजूद ग्रामीण उन्हें बचाने के लिए मोतिहारी ले जा रहे थे, लेकिन रास्ते में ही उनकी मौत हो गई। सूचना मिलने पर घोड़ासहन थाना पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
फर्रुखाबाद में कादरी गेट थाना क्षेत्र के अंतर्गत फर्रुखाबाद-फतेहगढ़ मार्ग पर एक ऑटो और स्विफ्ट डिजायर कार के बीच टक्कर हो गई। इस हादसे में ऑटो में सवार एक युवक और कार में सवार एक अन्य युवक घायल हो गए। कार के एयरबैग खुलने से उसमें सवार अन्य लोगों को गंभीर चोटें नहीं आईं। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची। ऑटो में सवार शाहजहांपुर जनपद के रैना गांव निवासी बृजेश यादव और कार में सवार नरेश घायल हुए। पुलिस ने घायल बृजेश को लोहिया अस्पताल पहुंचाया। बृजेश ने बताया कि वह कोर्ट में अपनी तारीख के लिए आए थे। यह कार शमशाबाद थाना क्षेत्र के बरई गांव निवासी मोहित के भाई चेतन को 14 अप्रैल को तिलक समारोह में मिली थी। चेतन की शादी 19 अप्रैल को होनी है। गुरुवार शाम को मोहित अपनी ननिहाल कन्नौज जनपद के गुरसहायगंज से कार लेकर लौट रहे थे। उनके साथ कार में मामा नरेश और ममेरी बहनें मीना, सोनी और ज्योति भी थीं। वे फतेहगढ़-फर्रुखाबाद मार्ग पर गायत्री इंटरनेशनल स्कूल के पास पहुंचे थे। इसी दौरान फर्रुखाबाद की तरफ से फतेहगढ़ जा रहे एक ऑटो का अगला पहिया अचानक पंचर हो गया। इससे ऑटो अनियंत्रित हो गया और सामने से आ रही स्विफ्ट डिजायर कार से जा टकराया।
नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली ने परिसीमन के मुद्दे पर मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा से सर्वदलीय बैठक बुलाने की मांग की। साथ ही सीएम से इस पर रुख साफ करने को कहा। जूली ने बयान जारी कर कहा- परिसीमन अत्यंत संवेदनशील विषय है। इसका सीधा असर राजस्थान के राजनीतिक भविष्य, लोकसभा और विधानसभा सीटों की संख्या पर पड़ेगा। परिसीमन कोई सामान्य प्रक्रिया नहीं, बल्कि प्रदेश के लोकतांत्रिक भविष्य को तय करने वाला विषय है। इस पर मुख्यमंत्री की चुप्पी से कई सवाल उठ रहे हैं। जूली ने कहा- वर्तमान में पूरे देश में परिसीमन के मुद्दे पर राजनीतिक चर्चाएं तेज हैं। दक्षिण भारत के राज्यों के मुख्यमंत्री अपनी चिंताओं को लेकर मुखर हैं, क्योंकि इसका सीधा असर लोकसभा और विधानसभा की सीटों की संख्या पर पड़ेगा। राजस्थान जैसे राज्य में सीटों का पुनर्गठन भौगोलिक और सामाजिक प्रतिनिधित्व को पूरी तरह बदल देगा। ऐसे संवेदनशील समय में राजस्थान सरकार का कोई रुख स्पष्ट न होना बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है। जूली ने कहा- मुख्यमंत्री अविलंब सर्वदलीय बैठक बुलाएं, ताकि परिसीमन के तकनीकी और राजनीतिक पहलुओं पर विस्तृत चर्चा हो सके। राजस्थान के हक और यहां की जनता के प्रतिनिधित्व के साथ किसी भी प्रकार का समझौता बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। लोकतांत्रिक संस्थाओं को कमजोर करना इस सरकार की प्राथमिकता नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली ने कहा- भाजपा सरकार समय पर प्रदेश में निकाय और पंचायत चुनाव तक नहीं करवा पा रही है। इससे इतने बड़े संवैधानिक बदलाव को संभालने की उम्मीद कैसे की जा सकती है? लोकतांत्रिक संस्थाओं को कमजोर करना इस सरकार की प्राथमिकता बन गई है। जब सरकार निकाय और पंचायत चुनाव ही नहीं करा पा रही तो वह परिसीमन जैसे जटिल विषय पर प्रदेश का पक्ष केंद्र के सामने मजबूती से कैसे रखेगी? सरकार शासन चलाने के लिए विजन की जरूरत होती है, जो वर्तमान सरकार में कहीं दिखाई नहीं देता।
पानीपत जिले के समालखा में भापरा रोड स्थित हरियाणा वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय को सील कर दिया गया है। यह कार्रवाई उपायुक्त के निर्देश पर खंड शिक्षा अधिकारी सरिता द्वारा की गई। स्कूल बिना मान्यता के संचालित हो रहा था। स्कूल को सील करने की कार्रवाई के दौरान स्कूल संचालक वीरेंद्र शास्त्री और उनके परिवार ने विरोध प्रदर्शन किया और आठवीं कक्षा तक की मान्यता होने का दावा किया। खंड शिक्षा अधिकारी (बीईओ) और ड्यूटी मजिस्ट्रेट ने स्पष्ट किया कि स्कूल की आठवीं तक की मान्यता अस्थाई थी और वह 2019 में ही समाप्त हो चुकी है। इसके बाद सरकार द्वारा कोई नई मान्यता प्रदान नहीं की गई थी। इसके बावजूद, स्कूल में सभी कक्षाओं का संचालन जारी था। निरीक्षण के दौरान दसवीं कक्षा तक के छात्र कक्षाओं में उपस्थित पाए गए। स्कूल बंद करने के लिए जारी किए गए थे नोटिस खंड शिक्षा अधिकारी सरिता ने जानकारी दी कि स्कूल संचालक को निजी तौर पर और कार्यालय के माध्यम से कई बार स्कूल बंद करने के नोटिस जारी किए गए थे। लेकिन संचालक ने स्कूल का संचालन बंद नहीं किया। वे छात्रों को मान्यता प्राप्त अन्य स्कूलों से परीक्षाओं में शामिल करवाते रहे। ड्यूटी मजिस्ट्रेट और पुलिस बल की मौजूदगी के कारण विरोध प्रदर्शन अधिक नहीं हो सका। सभी छात्रों और कर्मचारियों को बाहर निकालने के बाद सीलिंग की प्रक्रिया पूरी की गई और इसकी वीडियोग्राफी भी करवाई गई। स्कूल संचालक का आरोप- एकतरफा कार्रवाई की गई संचालक वीरेंद्र शास्त्री ने आरोप लगाया कि विभाग ने एक व्यक्ति की शिकायत पर एकतरफा कार्रवाई की है। उन्होंने यह भी कहा कि उनकी आठवीं तक की मान्यता के संबंध में उनकी बात नहीं सुनी गई। सीलिंग के दौरान, प्रबंधक के परिजनों ने बीईओ से समय मांगा और उनसे कार्रवाई रोकने का अनुरोध भी किया।
फाजिल्का जिले के जलालाबाद में बाहमनी रोड पर एक सड़क हादसा होने का मामला सामने आया है। बता दे कि बाइक पर सवार होकर पेट्रोल पंप का कर्मचारी सामान लेने के लिए नजदीकी गांव बाहमणी जा रहा था। इस दौरान ट्रैक्टर ट्राली के साथ उसकी टक्कर हो गई । जिससे वह गंभीर घायल हो गया। आनन फानन में घायल को जलालाबाद के सरकारी अस्पताल में भर्ती करवाया गया। जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। वहीं डॉक्टर द्वारा हादसे की सूचना पुलिस को दी गई है । जबकि मृतक के पारिवारिक सदस्यों को भी सूचित किया गया है। बाइक से सामान लेने गया था जानकारी देते हुए इकबाल सिंह ने बताया कि मृतक आकाश कुमार बिहार का रहने वाला था । जो पिछले दो वर्षों से बाहमनी गांव के पास उनके पेट्रोल पंप पर काम करता था । वह गांव में बाइक पर समान लेने के लिए गया था। इस दौरान बाहमनी रोड पर सत्संग घर के नजदीक सड़क हादसा हो गया । इलाज के दौरान युवक की मौत इकबाल सिंह ने बताया कि मृतक बाइक पर था और ट्रैक्टर ट्राली से आमने सामने टक्कर होने से वह गंभीर घायल हो गया । इसकी सूचना उन्हें मिली तो वह मौके पर पहुंचे और सड़क पर घायल अवस्था में पड़े आकाश कुमार को इलाज के लिए जलालाबाद के सरकारी अस्पताल में लेजाया गया । आरोपी ड्राइवर फरार जहां डाक्टरों ने उसे मृतक घोषित कर दिया । इकबाल सिंह ने बताया कि ट्रैक्टर ट्राली ड्राइवर कहां है इसका उन्हें पता नहीं है । उन्होंने बताया कि मृतक के पारिवारिक सदस्यों को सूचित कर दिया गया है । जो आ रहे है । उधर डाक्टर के मुताबिक इसकी सूचना पुलिस को दी गई है ।
मण्ड्रेला थाना पुलिस ने खुड़िया का बास गांव में कार्रवाई करते हुए एक युवक को अवैध अफीम के साथ गिरफ्तार किया है। आरोपी अपने खेत में बने मकान के बाहर ग्राहक की फिराक में खड़ा था, तभी पुलिस ने उसे दबोच लिया। थानाधिकारी कैलाशचन्द को गुप्त सूचना मिली थी कि खुड़िया का बास निवासी सुभाष पुत्र श्योनारायण जाट अपने खेत में बने मकान के सामने संदिग्ध अवस्था में खड़ा है। सूचना मिलते ही पुलिस टीम ने तत्काल मौके पर पहुंचकर घेराबंदी की। पुलिस को देखकर आरोपी ने भागने का प्रयास किया, लेकिन टीम ने उसे तत्परता से पकड़ लिया। तलाशी लेने पर उसके पास से 108 ग्राम अवैध अफीम बरामद हुई। गिरफ्तार आरोपी सुभाष से पुलिस अब कड़ी पूछताछ कर रही है। पुलिस यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि वह यह अफीम कहां से लेकर आया था। इलाके में वह किन-किन लोगों को इसकी सप्लाई करने वाला था।
लखनऊ में LDA की टीम को दौड़ाकर पीटा:जोनल अधिकारी के सीने-पैर में चोट आई, अवैध निर्माण तोड़ने गए थे
लखनऊ में LDA की टीम को दौड़ाकर पीटा गया। जोनल अधिकारी अधिकारी के पैर और सीने में चोट आई है। दूसरे कर्मचारी भी घायल हुए हैं। घटना सुशांत गोल्फ सिटी थाना क्षेत्र के चिलौला गांव में हुई। LDA टीम गुरुवार को अवैध निर्माण तोड़ने पहुंची थी। इस दौरान पुलिस और प्रवर्तन दस्ता (ETF) की टीम पर भीड़ ने हमला बोल दिया। उपद्रवियों ने लाठी-डंडों और ईंट-पत्थरों से पथराव कर कई सरकारी गाड़ियों को क्षतिग्रस्त कर दिया। अचानक भीड़ उग्र हो गई जानकारी के मुताबिक कासिम बाबा व अन्य द्वारा कराए जा रहे अवैध व्यावसायिक निर्माण को गिराने के लिए संयुक्त टीम मौके पर पहुंची थी। कार्रवाई के दौरान ही दीपू यादव और पूर्व ब्लॉक प्रमुख नरेंद्र रावत के नेतृत्व में बड़ी संख्या में लोग इकट्ठा हो गए। पहले विरोध हुआ, फिर अचानक भीड़ उग्र हो गई और टीम पर हमला कर दिया। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, कुछ देर के लिए भीड़ पीछे हट गई थी, लेकिन बाद में मुंह पर कपड़ा बांधकर दोबारा पहुंची और पथराव शुरू कर दिया। हालात बिगड़ते देख पुलिस व ETF ने भीड़ को नियंत्रित करने की कोशिश की, लेकिन तब तक काफी नुकसान हो चुका था। एक आरोपी को मौके से पकड़ा हमले में जोन-2 के जोनल अधिकारी रविनंदन सिंह के पैर और सीने में चोट आई, जबकि जोन-1 के जोनल अधिकारी देवांश त्रिवेदी के पैर में चोट लगी। इसके साथ ही कई कर्मचारी भी घायल हुए हैं। कार्रवाई के दौरान एक आरोपी नवीन यादव को मौके से पकड़कर पुलिस के हवाले किया गया। प्राधिकरण के अवर अभियंता शिवानंद शुक्ला की ओर से नामजद और अज्ञात आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज करवाया गया है।
सिरसा में हिसार के एक युवक से सिंगापुर भेजने के नाम पर फ्रॉड करने का मामला सामने आया है। सिरसा की माइग्रेशन हब संचालक की ओर से उसे विदेश भेज दिया गया। मगर वहां पर कंपनी मिली तो न नौकरी। तीन माह से युवक विदेश में ही है और उसने अपने भाई को फोन कर ये घटना बताई। इसके बाद युवक के भाई ने पुलिस को शिकायत दी है। जानकारी के अनुसार, युवक को भी विदेश पहुंचने के बाद ठगी का पता चला। आरोप है कि संदीप खुराना व बाकी दोनों ने मिलकर विदेश भेजने के नाम पर धोखाधड़ी की है। इस मामले में सिरसा पुलिस ने माइग्रेशन हब संचालक संदीप खुरान व दो अन्य लोगों के खिलाफ विभिन्न धाराओं के तहत एफआईआर दर्ज कर ली है। जानिएं पूरा मामला क्या है पुलिस को दी शिकायत में फतेहाबाद के पीली मंदौरी निवासी भगवान राम ने बताया कि उसका बड़ा भाई चाचा का लड़का सुरेश कुमार हिसार के आजाद नगर का रहने वाला है। उसके भाई ने सिंगापुर का वर्क वीजा की फाइल नवंबर 2025 को सिरसा के माइग्रेशन हब संदीप खुराना को दिए थे। इसके साथ में नितिन अरोड़ा, जिसका आफिस माइग्रेशन प्लेनेट के नाम से सिरसा में है और साथ में गोविंद, जो चंडीगढ में हैं। उसके भाई ने संदीप खुराना के कहने पर एक नवंबर को गोविंद के फोन पर गूगल-प से 50 हजार रुपए डाल दिए। 27 नवंबर को संदीप ने उसे अपडेट किया कि आपका वीजा अप्रुव हो गया है। उस समय सुरेश मुंबई गावड़ कंस्ट्रक्शन में जॉब करता था। जिसके बाद वह और सुरेश व संदीप से मिले और 10 लाख रुपए दिए, जिसमें 1.20 लाख रुपए संदीप खुराना को फोन पे पर दिए। कुल 3.40 लाख और बाकी सिरसा में संदीप खुराना के दफ्तर माइग्रेशन हब में कैश 4,90,000 दे दिए थे। इसके बाद सुरेश 22 जनवरी 2026 को सिंगापुर के लिए निकल गया। बाद में उसका वर्क पास नहीं बना और न ही जॉब मिली। सुरेश की जॉब अमीन सिफाना कंस्ट्रक्शन PTE.LTD, सिंगापुर कंपनी में मिली। वहां गया तो न कंपनी मिली तो न ही वहां पर कुछ मिला। उसे जानकार से पता चला कि ये धोखाधड़ी हुई है और जाल बना रखा है। सुरेश तीन माह से सिंगापुर में हैं और मानसिक रूप से परेशान है। उसका प्रतिमाह 4500-5000 डॉलर उसका खर्चा हो रहा है, जोकि खर्चा और वीजा की राशि दी है। पूरी राशि ब्याज पर ले रखी है। इसके बाद सुरेश ने अपने भाई को ये घटना बताई और कार्रवाई की मांग की।
नर्मदापुरम में मिराज क्रिकेट क्लब द्वारा गुरुवार को प्रतिभा सम्मान समारोह आयोजित किया गया, जिसमें क्रिकेट से जुड़े खिलाड़ियों, कोच और ग्राउंड स्टाफ को सम्मानित किया गया। बुदनी रोड स्थित एक मैरिज गार्डन में हुए इस आयोजन में जिले और संभाग की खेल प्रतिभाओं को मंच मिला। कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण दृष्टिबाधित महिला टी-20 विश्व कप विजेता टीम की सदस्य नर्मदापुरम के नयागांव की सुनीता सराठे और बैतूल की दुर्गा येवले रहीं, जिन्हें विशेष रूप से सम्मानित किया गया। कार्यक्रम में नर्मदापुरम संभागीय क्रिकेट संघ के संरक्षक राकेश फौजदार, अध्यक्ष कपिल फौजदार, एसडीओपी जितेंद्र पाठक और पूर्व चेयरमैन रोहित फौजदार सहित अन्य अतिथियों ने खिलाड़ियों को सम्मानित किया। खिलाड़ियों ने कहा—संघर्ष से मिलती है सफलता सम्मान मिलने के बाद सुनीता सराठे ने कहा कि सीमित संसाधनों के बावजूद लगातार मेहनत और परिवार व कोच के सहयोग से यह सफलता मिली है। उन्होंने कहा, “ऐसे आयोजन खिलाड़ियों को आगे बढ़ने की प्रेरणा देते हैं और संघर्ष करने की ताकत भी देते हैं।” वहीं दुर्गा येवले ने कहा कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर देश का प्रतिनिधित्व करना उनके लिए गर्व की बात है। उन्होंने कहा कि छोटे शहरों में भी प्रतिभा की कमी नहीं है, जरूरत सिर्फ सही मार्गदर्शन और अवसर की है। मध्यप्रदेश प्रीमियर लीग में 15 खिलाड़ी आयोजन समिति के आलोक कुलश्रेष्ठ ने बताया कि मिराज क्लब और संभाग के करीब 15 खिलाड़ी इस समय मध्यप्रदेश प्रीमियर लीग में हिस्सा ले रहे हैं। नितिन महाजन ने कहा कि इस तरह के आयोजन खिलाड़ियों को पहचान दिलाने के साथ उन्हें आगे बढ़ने का मंच देते हैं। इन खिलाड़ियों को भी किया गया सम्मानित कार्यक्रम में यश दुबे, गौतम रघुवंशी, राहुल चंद्रोल, आर्यन देशमुख, ऋतविक दीवान, अखिल यादव, अथर्व महाजन, नवीन नागले, हर्षित परसाई, कार्तिक राजोरिया, अनुराग मालवीय, हिमांशु शिंदे, धर्मेश पटेल, आयुष मानकर और प्रशांत कासदे को मध्यप्रदेश लीग में चयन और उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए सम्मानित किया गया। बालिका वर्ग में माही ठाकुर, यामिनी बिल्लोरे, अनन्या दुबे, कल्याणी जाधव और अजीता यादव को भी सम्मान मिला। कोचिंग क्षेत्र में संजय यदुवंशी, वर्षा पटेल, सुनील शर्मा, अर्पण दुबे और नीरज गौर को सम्मानित किया गया। उभरते खिलाड़ियों में गौतम बौरासी, माधव शर्मा, आराफ कुरैशी और अथर्व पटेल को भी सराहा गया। इसके अलावा हरदा, बैतूल और नर्मदापुरम में प्रशिक्षण देने वाले प्रशिक्षकों और ग्राउंड स्टाफ—विष्णु बौरासी, अभिषेक चौकसे सहित अन्य को भी सम्मानित किया गया। स्व. जे.एल. वर्मा को लाइफ टाइम अचीवमेंट अवॉर्ड कार्यक्रम में स्वर्गीय जे.एल. वर्मा को मरणोपरांत लाइफ टाइम अचीवमेंट अवॉर्ड प्रदान किया गया। यह सम्मान उनके पुत्र विजय वर्मा ने ग्रहण किया। वर्मा ने सेवानिवृत्ति के बाद लंबे समय तक क्रिकेट के विकास के लिए काम किया था।
अयोध्या जिले के मिल्कीपुर बार एसोसिएशन के चुनाव की घोषणा कर दी गई है। मतदान और मतगणना 7 मई को होगी। एल्डर्स कमेटी के अध्यक्ष अशोक कुमार श्रीवास्तव को निर्वाचन अधिकारी नियुक्त किया गया है। दुर्गा प्रसाद मिश्रा और छोटेलाल रावत सहायक निर्वाचन अधिकारी होंगे। निर्वाचन अधिकारी अशोक कुमार श्रीवास्तव ने वर्ष 2025-26 के लिए चुनाव कार्यक्रम जारी किया। इसके तहत, 17 अप्रैल को प्रारंभिक मतदाता सूची प्रकाशित की जाएगी। आपत्तियां 18 अप्रैल तक दर्ज कराई जा सकेंगी, जिनका निस्तारण 20 अप्रैल को होगा। अंतिम मतदाता सूची 21 अप्रैल को प्रकाशित की जाएगी। नामांकन 22 और 23 अप्रैल को होंगे। नामांकन पत्रों की जांच 24 अप्रैल को होगी, जबकि नाम वापसी 25 अप्रैल तक की जा सकेगी। चुनाव प्रचार के लिए प्रत्याशियों की अंतिम सूची 27 अप्रैल को जारी होगी। मतदान 7 मई को सुबह 11 बजे से दोपहर 2 बजे तक होगा, जिसके बाद दोपहर 2:30 बजे से मतगणना शुरू हो जाएगी। इस चुनाव में कुल 78 अधिवक्ता अपने मताधिकार का प्रयोग करेंगे। एल्डर्स कमेटी के अध्यक्ष अशोक कुमार श्रीवास्तव ने बताया कि पूर्व में सक्रिय कार्यकारिणी को अध्यक्ष द्वारा भंग कर दिया गया था। उन्होंने स्पष्ट किया कि यह चुनाव दिसंबर 2025 में ही हो जाना चाहिए था, लेकिन कुछ कारणों से इसमें देरी हुई। मिल्कीपुर तहसील के पूर्व बार एसोसिएशन अध्यक्ष पवन शुक्ला ने चुनाव में देरी को लेकर इलाहाबाद उच्च न्यायालय की लखनऊ पीठ में याचिका दायर की थी। न्यायालय ने मामले का संज्ञान लेते हुए चुनाव कराने का निर्देश एल्डर्स कमेटी के अध्यक्ष को दिया, जिसके बाद यह प्रक्रिया शुरू की गई है। चुनाव में देरी को लेकर कुछ अधिवक्ताओं ने कहा कि नए अध्यक्ष का कार्यकाल केवल 7-8 महीने का ही होगा।
फिरोजाबाद में आगरा-लखनऊ एक्सप्रेस-वे पर गुरुवार को एक सड़क हादसे में कार सवार चाचा की मौत हो गई, जबकि उसका भतीजा गंभीर रूप से घायल हो गया। यह हादसा मटसेना थाना क्षेत्र में किलोमीटर संख्या 41 के पास हुआ, जब कार चालक को नींद की झपकी आ गई। मथुरा जनपद के थाना छाता क्षेत्र निवासी 45 वर्षीय रूपचंद्र अपने 24 वर्षीय भतीजे मनीष कुमार के साथ लखनऊ से मथुरा लौट रहे थे। उनकी कार आगरा-लखनऊ एक्सप्रेस-वे पर मटसेना क्षेत्र में पहुंची। इसी दौरान चालक रूपचंद्र को नींद की झपकी आ गई, जिससे कार अनियंत्रित हो गई। तेज रफ्तार कार डिवाइडर से टकराकर कई बार पलट गई। हादसा इतना भीषण था कि कार बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई और रूपचंद्र की मौके पर ही मौत हो गई। कार में सवार उनका भतीजा मनीष कुमार गंभीर रूप से घायल हो गया। हादसे के बाद वहां से गुजर रहे वाहन चालकों ने यूपीडा और पुलिस को सूचना दी। सूचना मिलते ही यूपीडा की टीम और थाना मटसेना पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने दोनों लोगों को कार से बाहर निकाला। गंभीर रूप से घायल मनीष को तत्काल संयुक्त चिकित्सालय शिकोहाबाद भेजा गया। प्राथमिक उपचार के बाद उसकी नाजुक हालत को देखते हुए उसे मेडिकल कॉलेज फिरोजाबाद रेफर कर दिया गया। पुलिस ने रूपचंद्र के शव को पोस्टमार्टम के लिए मेडिकल कॉलेज फिरोजाबाद भेजा। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, हादसे के समय कार की रफ्तार काफी तेज थी। डॉ. आरएन सिंह ने सलाह दी कि नींद की झपकी आने पर वाहन चलाना बेहद खतरनाक है। उन्होंने लंबी यात्रा के दौरान समय-समय पर रुककर आराम करने और पर्याप्त नींद लेकर ही सफर शुरू करने की बात कही, ताकि ऐसे हादसों से बचा जा सके। इंस्पेक्टर विमलेश त्रिपाठी का कहना है कि संभावित झपकी आने की वजह से यह घटना घटित हुई है।
जनगणना 2027 के लिए स्व-गणना पोर्टल शुरू:डीएम ने नागरिकों से सक्रिय भागीदारी की अपील की
शिवहर की जिला पदाधिकारी प्रतिभा रानी ने जिलेवासियों से जनगणना 2027 में सक्रिय भागीदारी की अपील की है। उन्होंने बताया कि 17 अप्रैल की सुबह 9 बजे से स्व-गणना पोर्टल शुरू किया जा रहा है, जिसके माध्यम से नागरिक स्वयं अपनी जानकारी दर्ज कर सकेंगे। डीएम ने जानकारी दी कि यह स्व-गणना पोर्टल (se.census.gov.in) भारत सरकार की एक डिजिटल पहल है। इसका उद्देश्य जनगणना 2027 के पहले चरण (मकान सूचीकरण) की प्रक्रिया को सरल, पारदर्शी और सुरक्षित बनाना है। यह सुविधा 17 अप्रैल से 1 मई 2026 तक उपलब्ध रहेगी, हालांकि राज्य के अनुसार तिथियों में बदलाव संभव है। पोर्टल का उपयोग करने के लिए नागरिकों को आधिकारिक वेबसाइट पर जाकर अपने राज्य का चयन करना होगा। इसके बाद मोबाइल नंबर के माध्यम से ओटीपी प्राप्त कर पंजीकरण किया जा सकेगा। पंजीकरण के बाद मकान से संबंधित लगभग 28 से 33 प्रश्नों के सही उत्तर भरने होंगे। दीवार, फर्श, बिजली-पानी की व्यवस्था की दे जानकारी इन प्रश्नों में मकान का प्रकार, छत, दीवार, फर्श, बिजली-पानी की व्यवस्था, शौचालय, कमरों की संख्या, पेयजल का स्रोत, गंदे पानी का निकास, इंटरनेट, टीवी, रेडियो, कंप्यूटर/लैपटॉप, वाहन (कार/जीप) और परिवार के भोजन का मुख्य अनाज जैसी महत्वपूर्ण जानकारियां शामिल हैं। दस्तावेज अपलोड करने की आवश्यकता नहीं होगी डीएम ने स्पष्ट किया कि इस प्रक्रिया में किसी भी प्रकार के दस्तावेज अपलोड करने की आवश्यकता नहीं होगी। एक मोबाइल नंबर से केवल एक ही घर का पंजीकरण किया जा सकता है। यदि कोई परिवार किराए पर रह रहा है, तो वे अपने वर्तमान निवास स्थान से ही अपनी जानकारी भर सकते हैं। उन्होंने बताया कि यह स्व-गणना प्रक्रिया लगभग 15 दिनों तक चलेगी। इसके बाद प्रगणक घर-घर जाकर दर्ज की गई जानकारियों का सत्यापन करेंगे। जिला पदाधिकारी ने सभी नागरिकों से अपील की है कि वे सही और सटीक जानकारी भरें, ताकि जनगणना की प्रक्रिया सफलतापूर्वक संपन्न हो सके।
बुलंदशहर के सिकन्दराबाद क्षेत्र के चोला गांव के पास ओवरटेक के दौरान दो ट्रैक्टर खाई में गिर गए। इस हादसे में एक ट्रैक्टर चालक शिव कुमार (निवासी पनोडी, बदायूं) की मौके पर ही मौत हो गई। घटना शाम करीब 5:30 बजे हुई। जानकारी के अनुसार, सिकंदराबाद से गाजर लादकर धराऊ कोल्ड स्टोर जा रहे दो ट्रैक्टर चोला थाना क्षेत्र से गुजर रहे थे। चोला गांव पहुंचने से पहले ही पीछे चल रहे ट्रैक्टर ने आगे वाले ट्रैक्टर को ओवरटेक करने का प्रयास किया। इसी दौरान ट्रैक्टर का संतुलन बिगड़ गया और उसने आगे चल रहे ट्रैक्टर को जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर के बाद दोनों ट्रैक्टर खाई में जा गिरे। आगे चल रहे ट्रैक्टर के चालक शिव कुमार (पुत्र रामनिवास, निवासी पनोडी, जनपद बदायूं) ट्रैक्टर के नीचे दब गए, जिससे उनकी मौके पर ही मौत हो गई। परिजनों ने बताया कि शिव कुमार मजदूरी करने के लिए बुलंदशहर आए थे। उनकी शादी दो साल पहले हुई थी और उनका एक चार महीने का बेटा है। सूचना मिलते ही चोला पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने मृतक शिव कुमार के शव को पोस्टमार्टम के लिए अस्पताल भिजवाया। दूसरे ट्रैक्टर चालक को हिरासत में लेकर थाने लाया गया है। कार्यवाहक प्रभारी राजकुमार ने बताया कि दोनों ट्रैक्टर ओवरटेकिंग के चक्कर में टकराए थे। पुलिस को तहरीर मिलने पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
बेतिया पुलिस अधीक्षक डॉ. शौर्य सुनम ने अपने कार्यालय कक्ष में एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक की अध्यक्षता की। इस बैठक में जिला लोक अभियोजक, विशेष लोक अभियोजक, पुलिस उपाधीक्षक मुख्यालय और अभियोजन शाखा के प्रभारी सहित अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित थे। बैठक का मुख्य उद्देश्य न्यायालयों में लंबित मामलों का त्वरित निपटारा सुनिश्चित करना था। बैठक में पटना उच्च न्यायालय द्वारा मॉनिटर किए जा रहे मामलों की विस्तृत समीक्षा की गई। पुलिस अधीक्षक ने इन केसों को प्राथमिकता के आधार पर जल्द से जल्द निपटाने के निर्देश दिए। उन्होंने जोर दिया कि इससे न्यायिक प्रक्रिया में अनावश्यक देरी नहीं होगी और पीड़ितों को समय पर न्याय मिल सकेगा, जिससे न्याय व्यवस्था मजबूत होगी। न्यायालय में प्रभावी पैरवी सुनिश्चित करने पर बल दियाडॉ. सुनम ने अभियोजन से जुड़े सभी अधिकारियों को आपसी समन्वय मजबूत करने का निर्देश दिया। उन्होंने साक्ष्य संकलन में तेजी लाने, केस डायरी को समय पर अपडेट करने और न्यायालय में प्रभावी पैरवी सुनिश्चित करने पर बल दिया। इसके अतिरिक्त, गवाहों की उपस्थिति और केस से संबंधित दस्तावेजों को व्यवस्थित रखने के महत्व पर भी जोर दिया गया। अन्य लंबित न्यायालयी मामलों पर भी बैठक में विस्तार से चर्चा हुई। प्रत्येक मामले की प्रगति की समीक्षा की गई और संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए। पुलिस अधीक्षक ने स्पष्ट किया कि सभी मामलों में समयबद्ध कार्रवाई सुनिश्चित की जानी चाहिए और किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने अभियोजन और पुलिस के बीच बेहतर समन्वय स्थापित कर मामलों को मजबूत बनाने का भी निर्देश दिया, ताकि दोषियों को सजा मिल सके। इस बैठक को न्यायिक प्रक्रिया को अधिक प्रभावी, पारदर्शी और जवाबदेह बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
संतकबीरनगर में कोर्ट ने पत्नी की हत्या और बेटे को गंभीर रूप से घायल करने के मामले में दोषी सई मोहम्मद को उम्रकैद की सजा सुनाई है। इस मामले में सबसे अहम भूमिका बच्चों की गवाही ने निभाई। जिसके आधार पर अदालत ने आरोपी को दोषी करार दिया। खास बात यह रही कि घटना के महज ढाई साल के भीतर ही फैसला आ गया। जिला शासकीय अधिवक्ता (फौजदारी) विशाल श्रीवास्तव ने बताया सई मोहम्मद का अपनी पत्नी महीरा खातून से लंबे समय से विवाद चल रहा था। घटना 6 जुलाई 2023 की रात थाना धर्मसिंहवा क्षेत्र के बढ़या गांव में हुई थी। सोते समय पत्नी पर किया था फावड़े से वार आरोपी ने रात करीब 1 बजे घर का चैनल गेट बाहर से बंद कर दिया। घर में रखे फावड़े से सो रही पत्नी महीरा खातून और अपने छोटे बेटे इसरार पर हमला कर दिया। हमले के दौरान पास में सो रही बेटी सालेहा की चीख सुनकर परिवार के अन्य सदस्य जाग गए। लेकिन दरवाजा बाहर से बंद होने के कारण तुरंत अंदर नहीं पहुंच सके। बाद में सालेहा ने हिम्मत दिखाते हुए लोहे की रॉड से दरवाजा तोड़ा और सभी को बाहर निकाला। अस्पताल ले जाने पर डॉक्टरों ने महीरा खातून को मृत घोषित कर दिया। जबकि घायल बेटे इसरार का लंबे समय तक इलाज चला। मामले की सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष ने कुल 13 गवाह पेश किए। जिनमें सबसे महत्वपूर्ण गवाही आरोपी के बच्चों और बहू की रही। चश्मदीद बेटी सालेहा और बेटे इश्तियाक अहमद के बयानों ने केस को मजबूत आधार दिया। जज रणधीर सिंह ने सभी साक्ष्यों और गवाहों के आधार पर सई मोहम्मद को दोषी ठहराते हुए उम्रकैद की सजा सुनाई। वहीं 30 हजार रुपए का जुर्माना लगाया। जुर्माना न भरने पर 6 माह की अतिरिक्त सजा का प्रावधान भी रखा गया है।
आजमगढ़ कोर्ट ने मारपीट के 37 साल पुराने मुकदमे में सुनवाई पूरी करने के बाद अदालत ने चार आरोपियों को दोषी मानते हुए 2-2 वर्ष के साधारण कारावास व पांच पांच हजार रूपये के अर्थदण्ड की सजा सुनाई। यह फैसला अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट कोर्ट नंबर 11 अंकित वर्मा ने गुरुवार को सुनाया। अभियोजन पक्ष के अनुसार वादी मुकदमा अमुझ यादव निवासी टिकरिया महुखा थाना फूलपुर की गांव के प्रसाद यादव से जमीनी रंजिश थी।इसी रंजिश के कारण 12 अगस्त 1989 को दिन में तीन बजे आरोपी त्रिलोकी पुत्र जय श्री ,सरोज पुत्र प्रसाद यादव , छक्की पुत्र प्रसाद यादव तथा अदालती पुत्र उदित यादव ने वादी तथा उसके परिवार के सदस्यों को लाठी डण्डे बुरी तरह से मारा पीटा। पांच गवाहों ने दी गवाहीइस मामले में पुलिस ने जांच पूरी करने के बाद सभी आरोपियों के विरुद्ध चार्जशीट न्यायालय में प्रेषित किया। अभियोजन पक्ष की तरफ से कुल पांच गवाहों को न्यायालय में परीक्षित कराया गया। दोनों पक्षों की दलीलों को सुनने के बाद अदालत ने आरोपी त्रिलोकी, सरोज ,छक्की तथा अदालती को दोषसिद्ध पाते हुए प्रत्येक को 2-2 वर्ष के साधारण कारावास व पांच पांच हजार रूपये अर्थदण्ड की सजा सुनाई।
हाथरस में बहुचर्चित प्रॉपर्टी डीलर वेद प्रकाश शर्मा और सोनू की हत्या के मामले में पुलिस ने कार्रवाई की है। पुलिस ने मुख्य आरोपी कमल शर्मा की आटा/चूर्ण फैक्ट्री को सीज कर दिया है। इस मामले में दो मुख्य आरोपी सगे भाई कमल और गौरव फरार चल रहे हैं। यह घटना 6 अप्रैल को हुई थी, जब सोनू की इस फैक्ट्री में निर्मम हत्या कर दी गई थी। अगले दिन उसका शव सादाबाद-जलेसर रोड पर एक गंदे नाले में मिला था। सोनू गली जै राधे का निवासी था। सोनू की बहन ने आरोप लगाया था कि आरोपी उसके भाई का मकान हड़पना चाहते थे। इसी मकसद से उन्होंने सोनू की हत्या की थी। फरार चल रहे मुख्य आरोपी कमल और गौरव दिल्ली वाला मोहल्ला, थाना कोतवाली हाथरस के निवासी हैं। दोनों पर इनाम भी किया जा चुका है घोषित इन दोनों पर 25-25 हजार रुपए का इनाम घोषित किया जा चुका है। पुलिस लगातार उनकी तलाश कर रही है, लेकिन अभी तक उनकी गिरफ्तारी नहीं हो पाई है। हाथरस पुलिस ने इस मामले में 10 अन्य आरोपियों को पहले ही गिरफ्तार कर लिया है। गुरुवार शाम को पुलिस ने थाना कोतवाली नगर क्षेत्रान्तर्गत बीएच मिल के पास स्थित अभियुक्त कमल शर्मा की आटा/चूर्ण फैक्ट्री को सीज किया, जिसे घटना स्थल भी बताया जा रहा है। पुलिस इन दोनों की तलाश में लगातार दबिश दे रही है।
विधान परिषद आश्वासन समिति की बैठक:मथुरा कलेक्ट्रेट सभागार में विभिन्न विभागों की समीक्षा की गई
मथुरा कलेक्ट्रेट सभागार में उत्तर प्रदेश विधान परिषद की आश्वासन समिति की बैठक संपन्न हुई। इस दौरान जनपद के विभिन्न विभागों के कार्यों और योजनाओं की विस्तृत समीक्षा की गई। बैठक में समिति के सदस्य, जनप्रतिनिधि और कई विभागों के अधिकारी मौजूद रहे। बैठक में परिवहन विभाग से ग्रीन गैस सीएनजी वाहनों के विक्रय और पंजीकरण की जानकारी ली गई। अधिकारियों ने बताया कि वर्ष 2022 में 1158, 2023 में 1574, 2024 में 1464 और 2025 में 871 वाहनों का पंजीकरण किया गया। रोडवेज विभाग ने सूचित किया कि वित्तीय वर्ष 2025-26 में मथुरा डिपो में 61 नई बसें जोड़ी गई हैं, जबकि 19 बसों को अनुपयोगी घोषित किया गया है। उद्योग विभाग की समीक्षा के दौरान वर्ष 2012 से 2017 के बीच उद्योग स्थापना और निवेश का ब्योरा प्रस्तुत किया गया। इस अवधि में हजारों उद्योग स्थापित हुए, जिनमें वर्ष 2016-17 में सर्वाधिक 20,506 उद्योग स्थापित हुए और लगभग 955.72 करोड़ रुपये का निवेश हुआ। श्रम विभाग ने असंगठित श्रमिकों के लिए संचालित विभिन्न योजनाओं की जानकारी दी। इनमें मातृत्व शिशु बालिका मदद योजना, कन्या विवाह सहायता योजना, संत रविदास शिक्षा प्रोत्साहन योजना, अटल आवासीय विद्यालय योजना और ई-श्रम कार्ड योजना शामिल हैं। शिक्षा विभाग की समीक्षा में बताया गया कि प्राथमिक विद्यालयों में विद्युत कनेक्शन के लिए वर्ष 2009-10 में 118 विद्यालयों हेतु लगभग 25.29 लाख रुपये प्राप्त हुए थे। पेंशन योजनाओं के तहत 1013 शिक्षकों को पुरानी पेंशन योजना, 2956 को राष्ट्रीय पेंशन योजना और 2165 को अन्य पेंशन योजनाओं का लाभ मिल रहा है। निर्धन छात्र-छात्राओं को यूनिफॉर्म वितरण योजना के अंतर्गत वर्ष 2013-14 में 1.53 लाख से अधिक विद्यार्थियों को लाभान्वित किया गया, जिस पर लगभग 615.93 लाख रुपये खर्च हुए। माध्यमिक विद्यालयों के कर्मचारियों के सामूहिक बीमा दावों का भुगतान भी पूरा कर दिया गया है और कोई मामला लंबित नहीं है। बैठक में यह भी जानकारी दी गई कि वर्ष 2020 की बोर्ड परीक्षाओं की उत्तर पुस्तिकाओं का मूल्यांकन करने वाले शिक्षकों को पारिश्रमिक का भुगतान किया जा चुका है। अधिकारियों ने समिति को विभिन्न योजनाओं के क्रियान्वयन की प्रगति से अवगत कराया।
फरीदाबाद जिले के बल्लभगढ़ में सिटी बस ड्राइवरों को पिछले 2 महीनों से समय पर वेतन नहीं मिलने के कारण उन्हें आर्थिक परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। इसी समस्या के विरोध में बृहस्पतिवार सुबह सिटी बस ड्राइवरों ने 3 घंटे की हड़ताल की। जिसके कारण सिटी बसों से सफर कर ड्यूटी पर जाने वाले यात्रियों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ा। वहीं सूचना पर पहुंचे जीएम ने आश्वासन दिया था कि आज सभी की सैलरी भेज दी जाएगी। जिसके बाद सभी ड्राइवरों के खातों में शाम 4 बजे तक सैलरी पहुंच गई। दरअसल स्मार्ट सिटी फरीदाबाद में गांवों को शहर से जोड़ने के उद्देश्य से फरीदाबाद महानगर विकास प्राधिकरण (एफएमडीए) की ओर से करीब 50 सिटी बसों का संचालन किया जा रहा है। ये बसें शहर के लगभग 10 अलग-अलग रूटों पर चलती हैं और इन बसों में करीब 120 ड्राइवर कार्यरत हैं। इन बसों के माध्यम से रोजाना बड़ी संख्या में यात्री अपने कार्यस्थल, स्कूल और अन्य जरूरी स्थानों तक पहुंचते हैं। 2 महीनों से टाइम पर सैलरी नहीं ड्राइवरों का आरोप है कि पिछले 2 महीनों से उन्हें समय पर वेतन नहीं मिल रहा है। नियमानुसार उनकी सैलरी हर महीने की 7 से 10 तारीख के बीच उनके बैंक खाते में आ जानी चाहिए, लेकिन कई बार ऐसा होता है कि वेतन 16 तारीख से लेकर 25 तारीख तक भी नहीं आता। वेतन में हो रही इस देरी के कारण ड्राइवरों को अपने परिवार का पालन-पोषण करने में काफी मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है। ड्राइवरों का कहना है कि उन्होंने इस समस्या को लेकर कई बार संबंधित अधिकारियों को अवगत कराया, लेकिन उनकी समस्याओं का समाधान नहीं किया गया। लगातार वेतन में देरी होने के कारण मजबूर होकर उन्हें हड़ताल का रास्ता अपनाना पड़ा। इसी के चलते बृहस्पतिवार की सुबह ड्राइवरों ने 3 घंटे के लिए काम बंद कर दिया। शाम तक खातों में भेजी सैलरी बता दें कि बल्लभगढ़ डिपो से हर रोज सुबह 6 बजकर 10 मिनट पर पहली सिटी बस अपने निर्धारित रूट के लिए रवाना होती है, लेकिन हड़ताल के कारण सुबह 6 बजे से 9 बजे तक बसों का संचालन ठप रहा। इस दौरान ऑफिस और अन्य कामों के लिए घर से निकलने वाले यात्रियों को काफी परेशानी उठानी पड़ी। कई यात्रियों को अपने गंतव्य तक पहुंचने के लिए ऑटो और अन्य निजी वाहनों का सहारा लेना पड़ा। हड़ताल की सूचना मिलते ही सिटी बस सेवा के जीएम कारण गुरुग्राम से तुरंत फरीदाबाद डिपो पहुंचे। उन्होंने मौके पर पहुंचकर ड्राइवरों से बातचीत की और उनकी समस्याओं को गंभीरता से सुना। इसके बाद उन्होंने ड्राइवरों को आश्वासन दिया कि दोपहर 2 बजे तक उनकी लंबित सैलरी उनके खातों में डाल दी जाएगी। जिसके बाद शाम 4 बजे तक सभी ड्राइवरों का सैलरी उनके खातों में भेज दी गई। जीएम बोले- वृद्धि की घोषणा का मिलेगा लाभ इसके साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि सरकार की ओर से जो वेतन वृद्धि की घोषणा की गई है, उसका लाभ भी ड्राइवरों को दिया जाएगा। अधिकारियों ने ड्राइवरों को भरोसा दिलाया कि भविष्य में वेतन समय पर देने के लिए आवश्यक कदम उठाए जाएंगे। जीएम कारण ने यह भी कहा कि अब से वह सप्ताह में दो से 3 दिन फरीदाबाद डिपो में मौजूद रहेंगे, ताकि ड्राइवरों और कर्मचारियों की समस्याओं को मौके पर ही सुना जा सके और उनका समाधान किया जा सके। इसके अलावा बसों में आ रही तकनीकी खराबियों को भी इंजीनियरिंग टीम के माध्यम से जल्द ठीक करवाया जाएगा, ताकि ड्राइवर सुरक्षित और सुचारु रूप से बसों का संचालन कर सकें।
शिवपुरी जिले के रन्नौद थाना क्षेत्र में गुरुवार शाम एक किसान की करंट लगने से मौत हो गई। किसान खेत पर काम कर रहा था, तभी वह विद्युत ट्रांसफार्मर के खुले तारों की चपेट में आ गया। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। मृतक की पहचान रन्नौद थाना क्षेत्र के वार्ड क्रमांक 05 निवासी धर्म कुशवाह पिता गोपाल कुशवाह के रूप में हुई है। धर्म कुशवाह अपने खेत पर काम कर रहे थे। इसी दौरान खेत के पास लगे विद्युत ट्रांसफार्मर के खुले तारों के संपर्क में आ गए। करंट इतना तेज था कि उनकी मौके पर ही मृत्यु हो गई। बताया जा रहा है कि ट्रांसफार्मर के तार खुले थे, जिसके कारण हादसा हुआ। घटना के बाद आसपास के लोग मौके पर पहुंचे, लेकिन तब तक किसान की जान जा चुकी थी। सूचना मिलने पर रन्नौद थाना पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने मर्ग कायम कर शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।
उत्तर प्रदेश विधान सभा की प्राक्कलन समिति 24 और 25 अप्रैल को सहारनपुर का दौरा करेगी। इस महत्वपूर्ण दौरे से पहले, मुख्य विकास अधिकारी (सीडीओ) सुमित राजेश महाजन ने गुरुवार शाम कलेक्ट्रेट सभागार में एक उच्चस्तरीय बैठक की अध्यक्षता की। बैठक में समिति के भ्रमण कार्यक्रम की तैयारियों की गहन समीक्षा की गई। बैठक का मुख्य उद्देश्य समिति के दौरे को सुचारू, प्रभावी और परिणामकारी बनाना था। सीडीओ ने सभी संबंधित विभागों को स्पष्ट निर्देश दिए कि वे अपने-अपने विभागों के पिछले पांच वर्षों के कार्यों का विस्तृत, प्रमाणित और अद्यतन विवरण हर हाल में 20 अप्रैल तक प्रस्तुत करें। उन्होंने चेतावनी दी कि किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। समीक्षा बैठक में पंचायती राज, नगर विकास, जल निगम (ग्रामीण एवं शहरी), कृषि विपणन एवं विदेश व्यापार, परिवहन, आवास एवं शहरी नियोजन, औद्योगिक विकास, आबकारी, राजस्व, कारागार, महिला एवं बाल विकास, स्वास्थ्य, ऊर्जा, गृह, राज्य कर, सिंचाई, ग्राम्य विकास, शिक्षा (उच्च, माध्यमिक व बेसिक), गन्ना विकास, सहकारिता, पर्यटन, समाज कल्याण, श्रम एवं सेवायोजन, खाद्य एवं रसद, लोक निर्माण विभाग, सेतु निगम और निर्माण निगम सहित कई महत्वपूर्ण विभागों के कार्यों की गहन समीक्षा की गई। अधिकारियों को यह भी निर्देशित किया गया कि सभी प्रस्तुतियां तथ्यों पर आधारित, स्पष्ट और पारदर्शी हों, ताकि समिति के समक्ष जिले की प्रगति का सटीक चित्र प्रस्तुत किया जा सके। बैठक में यह भी सुनिश्चित किया गया कि दौरे के दौरान सभी व्यवस्थाएं जैसे बैठक स्थल, अभिलेख, प्रेजेंटेशन और फील्ड विजिट बेहतर तरीके से व्यवस्थित रहें। इस महत्वपूर्ण बैठक में अपर जिलाधिकारी (प्रशासन) संतोष बहादुर सिंह, मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. परवीन कुमार, पीडीडीआरडीए प्रणय कृष्ण सहित विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे। प्राक्कलन समिति के दौरे को लेकर प्रशासन पूरी तरह से अलर्ट मोड में है और तैयारियां युद्धस्तर पर जारी हैं।
जहानाबाद में प्रवेशोत्सव अभियान शुरू:बच्चों के नामांकन और शिक्षा जागरूकता पर जोर
जहानाबाद जिले के काको प्रखंड अंतर्गत पिंजौरा ग्राम पंचायत में नामांकन जागरूकता अभियान चलाया गया। इस अभियान का नेतृत्व पंचायत के प्रभारी मुखिया सुनील कुमार ने किया। इसमें पंचायत के सभी प्राथमिक एवं उत्क्रमित मध्य विद्यालयों की शिक्षा समितियों ने सक्रिय भागीदारी निभाई। अभियान के तहत अपने-अपने पोषक क्षेत्रों में प्रभात फेरी निकाली गई। इसमें बड़ी संख्या में स्कूली बच्चे शामिल हुए। बच्चों ने नारों के माध्यम से शिक्षा के महत्व को रेखांकित करते हुए अभिभावकों और ग्रामीणों को जागरूक किया। प्रभात फेरी के दौरान “हर बच्चा स्कूल जाए” और “शिक्षा है अधिकार, नहीं कोई उपकार” जैसे नारे लगाए गए। इस अवसर पर प्रभारी मुखिया सुनील कुमार ने पंचायत के सभी अभिभावकों से अपील की कि वे अपने बच्चों का नामांकन अवश्य कराएं और उन्हें नियमित रूप से विद्यालय भेजें। उन्होंने कहा कि बच्चों का भविष्य शिक्षा से ही उज्ज्वल हो सकता है, इसलिए इसमें किसी प्रकार की लापरवाही नहीं होनी चाहिए। इसके साथ ही, उन्होंने पंचायत के सभी विद्यालयों के प्रधानाध्यापकों को निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि वे विद्यालय शिक्षा समिति और अभिभावकों के साथ नियमित बैठक करें, ताकि शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार लाया जा सके और विद्यालयों के समग्र विकास को सुनिश्चित किया जा सके। उन्होंने इस बात पर भी जोर दिया कि विद्यालय और अभिभावकों के बीच बेहतर समन्वय से ही बच्चों की पढ़ाई में निरंतरता बनी रह सकती है। इस जागरूकता अभियान से ग्रामीणों में सकारात्मक संदेश गया। कई अभिभावकों ने अपने बच्चों के नामांकन कराने का संकल्प लिया। पंचायत स्तर पर इस तरह के प्रयास शिक्षा के प्रति जागरूकता बढ़ाने और नामांकन दर में वृद्धि करने में सहायक साबित होंगे।
अमृतसर के अजनाला हलके के गांव अवाण की दाना मंडी में आज आढ़तियों के बीच हुई एक मामूली कहासुनी ने हिंसक रूप ले लिया। इसको लेकर मारपीट हो गई। इसमें एक आढ़ती की मौत हो गई। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा। मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। यह विवाद मंडी में शेड के नीचे फड़ी लगाने को लेकर हुआ। इसमें मृतक आढ़ती दलबीर सिंह के परिजनों ने दूसरे पक्ष के प्रगट सिंह, जसपाल सिंह पर सिर और छाती में कई वार करने के आरोप लगाए हैं। जानकारी के अनुसार, मंडी में शेड के नीचे फड़ी लगाने को लेकर दलबीर सिंह और प्रगट सिंह के बीच कहासुनी होने लगी। देखते ही देखते जो खूनी झड़प में बदल गया। इस झगड़े के दौरान आढ़ती दलबीर सिंह की बेरहमी से पिटाई की गई, जिसके चलते उनकी मौके पर ही मौत हो गई। मृतक के परिजनों ने आरोप लगाया है कि प्रगट सिंह, जसपाल सिंह, हनी और उनके अन्य साथियों ने मिलकर दलबीर सिंह को बुरी तरह पीटा, जिससे उनकी जान चली गई। परिवार ने प्रशासन से मांग की है कि आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए और उन्हें जल्द से जल्द गिरफ्तार किया जाए। पुलिस जांच शुरू, इलाके में तनाव का माहौल घटना के बाद इलाके में तनाव का माहौल बना हुआ है। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर शव को अपने कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए सिविल अस्पताल भेज दिया है। थाना रमदास के प्रभारी अरजन कुमार ने बताया कि मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है और मृतक के परिवार के बयान दर्ज कर लिए गए हैं। उन्होंने आश्वासन दिया कि दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा और कानून के अनुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी।
बुलंदशहर जिले में एक दुखद घटना सामने आई है। सिकंदराबाद तहसील के ककोड थाना क्षेत्र के ग्राम वैलाना में 16 अप्रैल की सुबह आकाश (25) नामक युवक ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। आकाश, नेपाल सिंह के पुत्र थे और उनकी शादी लगभग तीन वर्ष पूर्व हुई थी। वह एक बच्ची के पिता थे। आकाश अपने माता-पिता, बड़े भाई और पत्नी के साथ रहते थे। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, 15 अप्रैल 2026 की रात लगभग 10 से 11 बजे के बीच आकाश का अपने बड़े भाई से झगड़ा हुआ था। इसके बाद उनका अपनी पत्नी से भी विवाद हो गया। इस घटना से आहत होकर आकाश के बड़े भाई ने भी फांसी लगाने का प्रयास किया था, लेकिन परिजनों ने उन्हें बचा लिया। कुछ समय बाद आकाश ने फांसी लगा ली। परिजनों को इस बात की जानकारी काफी देर बाद हुई। आकाश को फंदे से उतारकर ग्रेटर नोएडा के यथार्थ अस्पताल ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया। परिजनों ने आकाश का अंतिम संस्कार उनके पैतृक गांव वैलाना में रीति-रिवाजों के साथ किया।
गया शहर के मानपुर स्थित ऐतिहासिक भूसुंडा मेले में घुड़दौड़ प्रतियोगिता का समापन रोमांचक रहा। इस बहुप्रतीक्षित आयोजन में बिहार के अलग-अलग जिलों से आए नामी घोड़ों और कुशल घुड़सवारों ने अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया। प्रतियोगिता के दौरान दर्शकों में भारी उत्साह देखा गया। आरा ने पहला स्थान हासिल किया, तो गयाजी को दूसरा स्थान मिला। बता दें कि पहले स्थान पाने वाले को एलईडी टीवी, तो दूसरा स्थान पाने वाले को कुलर इनाम में मिला। प्रतियोगिता में आरा और गया के प्रतिभागियों के बीच कड़ी टक्कर देखने को मिली। दौड़ शुरू होते ही घोड़ों की रफ्तार और घुड़सवारों की रणनीति ने माहौल को रोमांचक बना दिया। दर्शकों ने अपने पसंदीदा प्रतिभागियों का जोरदार समर्थन किया। प्रतियोगिता में आरा का दबदबा रहा गया का प्रतिनिधित्व कोंच प्रखंड के चतुरी बिगहा निवासी तपेश्वर यादव के घोड़े ने किया। इस घोड़े ने शानदार प्रदर्शन करते हुए द्वितीय स्थान हासिल किया। घुड़सवार सूरज यादव (राघोपुर) की सूझबूझ और घोड़े पर नियंत्रण ने दर्शकों को प्रभावित किया। प्रतियोगिता में आरा जिले का दबदबा रहा। विक्की सिंह के घोड़े ने प्रथम स्थान हासिल कर ट्रॉफी जीती। पुतुल चौबे के घोड़े ने भी शानदार प्रदर्शन करते हुए तृतीय स्थान हासिल किया। आयोजन के दौरान सुरक्षा और व्यवस्थाओं का विशेष ध्यान रखा गया। मेला समिति ने प्रतियोगिता को सफल बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। समापन समारोह में विजेताओं को मेडल, ट्रॉफी और पुरस्कार देकर सम्मानित किया गया। यह घुड़दौड़ प्रतियोगिता पारंपरिक खेलों को बढ़ावा देने के साथ-साथ ग्रामीण प्रतिभाओं को मंच प्रदान करती है।
शिवहर में जिला पदाधिकारी प्रतिभा रानी की अध्यक्षता में गुरुवार को एक संयुक्त बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में जिला पर्यावरण समिति, जिला गंगा समिति, सिंगल यूज प्लास्टिक प्रतिबंध समिति, जिला आर्द्रभूमि समिति और टास्क फोर्स के सदस्य शामिल हुए। बैठक का मुख्य उद्देश्य पर्यावरण संरक्षण और प्रदूषण नियंत्रण से संबंधित महत्वपूर्ण मुद्दों पर चर्चा करना था। इसमें जिले में वायु प्रदूषण मापक यंत्रों की स्थापना, सड़क चौड़ीकरण और बांधों के सुदृढ़ीकरण से प्रभावित पेड़ों के लिए प्रतिपूरक वृक्षारोपण, कम्पोस्ट प्लांट का सुचारु संचालन और गंगा की सहायक बागमती नदी को प्रदूषण मुक्त रखने जैसे विषय शामिल थे। प्लास्टिक पर प्रतिबंध को सख्ती से लागू करने का निर्देशइसके अतिरिक्त, बालू संसाधनों का संरक्षण, सिंगल यूज प्लास्टिक पर प्रभावी प्रतिबंध, आर्द्रभूमि (वेटलैंड) का संरक्षण एवं प्रबंधन, और जंगली सूअर सहित अन्य वन्यजीवों से संबंधित शिकायतों के समाधान पर भी विचार-विमर्श हुआ। बैठक में पर्यावरणीय नियमों के सख्त अनुपालन पर विशेष जोर दिया गया। जिला पदाधिकारी प्रतिभा रानी ने संबंधित विभागों को सिंगल यूज प्लास्टिक पर प्रतिबंध को सख्ती से लागू करने का निर्देश दिया। उन्होंने जन-जागरूकता अभियान को तेज करने और नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई सुनिश्चित करने के लिए भी कहा। इस महत्वपूर्ण बैठक में वन प्रमंडल पदाधिकारी, जिला गंगा समिति के प्रतिनिधि, प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड और नगर परिषद सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित थे।
फरीदाबाद के बल्लभगढ़ स्थित सेक्टर-3 हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी में शराब के अहाता मैनेजर की हत्या के मामले में पुलिस ने कार्रवाई करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। यह वारदात मंगलवार देर रात करीब 12:30 बजे की है, जब बंद अहाता खुलवाकर शराब पीने की बात को लेकर हुए विवाद में कुछ युवकों ने लाठी-डंडों और पत्थरों से हमला कर अहाता मैनेजर की बेरहमी से हत्या कर दी थी। इस मामले में पुलिस ने करीब 15 से 20 लोगों के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की थी। मृतक की पहचान उत्तर प्रदेश के ओरैया के रहने वाले आदेश यादव के रूप में हुई है, जो सेक्टर-3 में शराब के ठेके के साथ बने अहाते का मैनेजर था। घटना के बाद मृतक के भाई सुमित ने पूरे मामले की शिकायत पुलिस को दी थी, जिसके आधार पर सेक्टर-8 थाना पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया। मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच अपराध शाखा की टीम को सौंप दी गई थी। गुरुग्राम के रहने वाले हैं हत्या आरोपी युवक पुलिस प्रवक्ता यशपाल सिंह ने बताया कि अपराध शाखा ऊंचा गांव की टीम ने कार्रवाई करते हुए गुरुवार (16 अप्रैल) को इस मामले में दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान अभिषेक (23) और रोहित (23) निवासी इंदिरा कॉलोनी झाड़सा, गुरुग्राम के रूप में हुई है। पुलिस ने दोनों आरोपियों को हिरासत में लेकर उनसे पूछताछ शुरू कर दी है। पुलिस पूछताछ में सामने आया कि 14 अप्रैल को सेक्टर-3 स्थित सामुदायिक केंद्र में अभिषेक की भांजी की शादी का कार्यक्रम चल रहा था। शादी समारोह में शामिल होने के लिए कई रिश्तेदार और मेहमान वहां पहुंचे हुए थे। देर रात करीब 12 बजे के आसपास अभिषेक अपने एक भांजे के साथ सामुदायिक केंद्र के पास स्थित शराब के ठेके पर शराब लेने पहुंचा। जब वे वहां पहुंचे तो ठेका बंद हो चुका था। इसके बाद उन्होंने ठेके के साथ बने अहाते का दरवाजा खटखटाया। अंदर मौजूद अहाता मैनेजर आदेश यादव ने दरवाजा खोला तो युवकों ने उससे शराब देने की मांग की। आदेश ने उन्हें बताया कि ठेका बंद हो चुका है और अब शराब उपलब्ध नहीं है। शराब ना देने को लेकर हुई कहासुनी इसी बात को लेकर दोनों पक्षों के बीच कहासुनी शुरू हो गई। विवाद बढ़ने पर आदेश यादव और उसका भाई सुमित युवकों के पीछे भागे। इस दौरान आरोपी युवक भागकर सामुदायिक केंद्र पहुंचे और वहां से अपने अन्य साथियों को बुला लाए। थोड़ी ही देर में करीब 10 से 12 युवक वहां पहुंच गए और सभी ने मिलकर आदेश यादव को घेर लिया। इसके बाद आरोपियों ने लाठी-डंडों और पत्थरों से आदेश यादव पर ताबड़तोड़ हमला कर दिया। हमले के दौरान उसका भाई सुमित उसे बचाने की कोशिश करता रहा, लेकिन हमलावरों की संख्या ज्यादा होने के कारण वह खुद भी मारपीट का शिकार हो गया। स्थिति बिगड़ती देख सुमित डर के कारण पीछे हट गया और आरोपी लगातार आदेश पर हमला करते रहे। लाठी-डंडों और पत्थरों से किए गए हमले में आदेश यादव को गंभीर चोटें आईं। गंभीर रूप से घायल होने के कारण उसने मौके पर ही दम तोड़ दिया। घटना की सूचना मिलने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए अस्पताल भेज दिया। 15-20 युवकों के खिलाफ दर्ज हुआ केस वहीं, मृतक के भाई की शिकायत पर पुलिस ने 15 से 20 अज्ञात युवकों के खिलाफ हत्या सहित अन्य धाराओं में मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस की कई टीमें आरोपियों की तलाश में जुट गई थीं। जांच के दौरान पुलिस ने तकनीकी साक्ष्यों और स्थानीय जानकारी के आधार पर दो मुख्य आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस प्रवक्ता के अनुसार गिरफ्तार आरोपियों को शुक्रवार को कोर्ट में पेश किया जाएगा। इसके बाद उन्हें पुलिस रिमांड पर लेकर पूछताछ की जाएगी, ताकि घटना में शामिल अन्य आरोपियों की पहचान कर उन्हें भी जल्द गिरफ्तार किया जा सके। पुलिस का कहना है कि इस मामले में शामिल अन्य आरोपियों की तलाश लगातार जारी है और जल्द ही सभी को गिरफ्तार कर लिया जाएगा। पुलिस ने आश्वासन दिया है कि मामले में सख्त कार्रवाई की जाएगी और दोषियों को किसी भी हालत में बख्शा नहीं जाएगा।
उत्तर पश्चिम रेलवे के अजमेर मंडल में मदार-पालनपुर रेलखंड पर तकनीकी कार्य के चलते ट्रेनों के संचालन में अस्थायी बदलाव किया गया है। इसी के तहत शुक्रवार को साबरमती-जोधपुर वंदे भारत एक्सप्रेस कल बदले हुए रूट से संचालित होगी। इसके अलावा कुछ अन्य ट्रेनों के मार्ग में भी परिवर्तन किया गया है, जबकि दो ट्रेनों को रेगुलेट किया जाएगा। यात्रियों को असुविधा से बचाने के लिए रेलवे ने पहले से जानकारी जारी करते हुए सफर से पहले ट्रेन की स्थिति जांचने की अपील की है। जोधपुर मंडल के सीनियर डीसीएम हितेश यादव ने बताया कि रानी-खीमेल स्टेशनों के मध्य ब्रिज संख्या 638 पर आरसीसी बॉक्स डालने के लिए ट्रैफिक ब्लॉक लिया जा रहा है। इसके कारण इस रेलखंड पर रेल यातायात प्रभावित रहेगा। वंदे भारत भी बदले मार्ग से चलेगी गाड़ी संख्या 12462,साबरमती-जोधपुर वंदे भारत एक्सप्रेस 17 अप्रैल को वाया मेहसाणा-भीलड़ी-लूनी होकर संचालित की जाएगी। इन ट्रेनों का मार्ग भी परिवर्तित ट्रेन संख्या 14707, हनुमानगढ़–दादर रणकपुर एक्सप्रेस 17 अप्रैल व ट्रेन संख्या 20944,भगत की कोठी-बांद्रा टर्मिनस एक्सप्रेस 17 अप्रैल को वाया लूनी-भीलड़ी-मेहसाणा संचालित होंगी। इसी तरह 16 अप्रेल को रवाना हुई ट्रेन संख्या 20943,बांद्रा टर्मिनस-भगत की कोठी सुपरफास्ट और 15 अप्रेल को रवाना हुई ट्रेन संख्या 20694, बेंगलुरु-जोधपुर एक्सप्रेस,ट्रेन संख्या संख्या 20496, हडपसर-जोधपुर एक्सप्रेस 16 अप्रैल,ट्रेन संख्या 19223, साबरमती-जम्मूतवी रेलसेवा 17 अप्रैल को वाया मेहसाणा-भीलड़ी-लूनी संचालन किया जाएगा। परिवर्तित मार्ग पर अतिरिक्त ठहराव इन सभी ट्रेनों का ठहराव पाटन,भीलड़ी,मारवाड़ भीनमाल,जालोर एवं समदड़ी स्टेशनों पर किया जाएगा। ऑटोमेटिक सिग्नलिंग कार्य से दो ट्रेनें रेगुलेट रहेंगी भुसावल मंडल के भुसावल-बडनेरा रेलखंड पर पारस, गायगांव और अकोला स्टेशनों के बीच ऑटोमेटिक सिग्नलिंग कार्य के लिए ब्लॉक लिया जा रहा है। इसके चलते इस रूट पर रेल यातायात प्रभावित रहेगा। उत्तर पश्चिम रेलवे के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी अमित सुदर्शन ने बताया कि कार्य के दौरान कुछ ट्रेनों को मार्ग में रेगुलेट किया जाएगा। जिसके तहत ट्रेन संख्या 22723, नांदेड़-श्रीगंगानगर एक्सप्रेस जो 23 अप्रैल को नांदेड़ से रवाना होगी। वह अकोला स्टेशन पर करीब 30 मिनट रेगुलेट रहेगी। इसी तरह ट्रेन संख्या 17605, काचीगुड़ा-भगत की कोठी एक्सप्रेस जो 22 अप्रैल को काचीगुड़ा से प्रस्थान करेगी। वह अकोला स्टेशन पर लगभग 30 मिनट तक रेगुलेट रहेगी।
महू के बड़गोंदा थाना क्षेत्र के बेरछा जंगल में युवती के साथ हुए सामूहिक दुष्कर्म मामले की जांच के लिए पुलिस ने विशेष जांच दल का गठन किया है। गुरुवार को पुलिस की छह अलग-अलग टीमों ने आरोपियों की तलाश में उनके संभावित ठिकानों पर दबिश दी। पुलिस टीम बुधवार को पीड़िता को लेकर घटनास्थल पर पहुंची थी, जहां वारदात से जुड़े साक्ष्यों की बारीकी से पड़ताल की गई। संदिग्धों की पहचान के लिए इनाम घोषित एडिशनल एसपी रूपेश द्विवेदी ने बताया कि आरोपियों की गिरफ्तारी में मदद करने वाली सूचना देने पर 10 हजार रुपए के इनाम की घोषणा की गई है। पुलिस ने दो संदिग्धों के स्केच भी जारी किए हैं ताकि आम नागरिकों की सहायता से उनकी पहचान सुनिश्चित की जा सके। छह टीमों का सर्च ऑपरेशन जारी वारदात के बाद से पुलिस की छह टीमें लगातार आरोपियों की धरपकड़ के लिए सक्रिय हैं। इस दौरान पुलिस द्वारा कई संदिग्धों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। अधिकारियों का दावा है कि जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार कर उनके विरुद्ध सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। यह था पूरा मामला इंदौर के एक कॉलेज की छात्रा अपने दोस्त के साथ मंगलवार शाम महू के बेरछा जंगल स्थित लगनचा मंदिर में दर्शन करने गई थी। वहां दो अज्ञात बदमाशों ने लाठी-डंडों से हमला कर उसके दोस्त को पीटकर भगा दिया और छात्रा के साथ सामूहिक दुष्कर्म की किया। घटना की सूचना मिलने पर पुलिस ने पीड़िता का मेडिकल कराया, जिसमें संघर्ष के कारण शरीर पर चोट के निशान मिले हैं। यह खबर भी पढ़ें… दोस्त को लाठी-डंडों से पीटा, छात्रा से किया रेप:महू के लगनचा मंदिर में दर्शन करने गई युवती, जांच के लिए SIT का गठन महू के बदगोंदा थाना क्षेत्र स्थित बेरछा जंगल में एक छात्रा से दो बदमाशों ने रेप किया। आरोपियों ने उसके साथ आए दोस्त को लाठी-डंडों से पीटकर उसे जंगल से भगा दिया। घटना मंगलवार शाम की है। पढ़ें पूरी खबर
इंदौर के भोलनाथ कॉलोनी में रहने वाली एक पीड़िता गुरुवार को एरोड्रम थाने पहुंची। उसके परिवार के लोगों ने बताया कि पीड़िता पर उसकी दोनों ननदों ने 14 अप्रैल को बाबा साहब अंबेडकर का स्टेटस हटाने का दबाव बनाया था। स्टेटस नहीं हटाने पर पति ने डेढ़ माह के बच्चे सहित उसे घर से निकाल दिया। एरोड्रम थाने पर रीना पंवार अपने डेढ़ माह के बच्चे के साथ गुरुवार शाम पहुंची। परिवार के अनुसार, रीना की शादी डेढ़ साल पहले रितेश से हुई थी। रीना बिहार की रहने वाली है। दोनों का परिचय परिवार के माध्यम से हुआ था, जिसके बाद अंतरराज्यीय विवाह हुआ। उस समय परिवार को बौद्ध धर्म को लेकर कोई आपत्ति नहीं थी। लेकिन 14 अप्रैल को रीना द्वारा बाबा साहब अंबेडकर का स्टेटस लगाने पर एक ननद ने आपत्ति जताई और उसे हटाने को कहा। इस बात पर विवाद बढ़ गया। आरोप है कि पति रितेश पंवार ने अपशब्द कहे और तलाक देने की धमकी दी। शिकायत लेकर रीना अपने बच्चे के साथ थाने पहुंची। बताया गया कि ड्यूटी पर मौजूद हेड कॉन्स्टेबल मनोज ने उन्हें कोर्ट में केस करने की सलाह दी। बाद में टीआई तरुण बघेल ने परिवार की बातें सुनकर कारवाई का आश्वासन दिया। इंदौर में जोन-4 के थानों का बेहतर प्रदर्शन, चंदन नगर पहले स्थान पर इंदौर पुलिस कमिश्नरेट में थानों की कार्यप्रणाली सुधारने के लिए शुरू की गई रैंकिंग प्रणाली में इस बार जोन-4 के थानों का प्रदर्शन बेहतर रहा है। पुलिस कमिश्नर द्वारा हर माह थानों की रैंकिंग जारी करने के निर्देश के तहत मार्च माह की समीक्षा में यह परिणाम सामने आया। निर्धारित मूल्यांकन प्रणाली के अनुसार, संबंधित जोन के डीसीपी की अध्यक्षता में बनी कमेटी ने थानों के कार्यों की समीक्षा की। इसमें कार्य निष्पादन, जनसंतुष्टि और आमजन के हित में किए गए नवाचार जैसे मापदंडों को आधार बनाया गया। इसके तहत इंदौर कमिश्नरेट के सभी 32 थानों का मूल्यांकन किया गया। रैंकिंग में जोन-4 के थाना चंदन नगर ने प्रथम स्थान प्राप्त किया, जबकि भंवरकुआं दूसरे और द्वारिकापुरी तीसरे स्थान पर रहे। जूनी इंदौर थाना चौथे स्थान पर रहा, वहीं जोन-3 का बाणगंगा थाना पांचवें स्थान पर रहा। हालांकि, इसी जोन का सराफा थाना निर्धारित मापदंडों पर सबसे कमजोर प्रदर्शन करते हुए अंतिम स्थान पर रहा।
फाजिल्का के बीडीपीओ दफ्तर में आग लगने की घटना सामने आई है । बताया जा रहा है कि दफ्तर के पंचायत अधिकारी के कमरे में एसी के पास अचानक शार्ट सर्किट होने से आग लग गई । हालांकि कमरे में कोई भी नहीं था । इस दौरान दफ्तर में मौजूद बीडीओ को इस बात का जब पता चला तो उन्होंने तुरंत फायर ब्रिगेड विभाग को सूचित किया । मौके पर पहुंचे विभाग ने कर्मचारियों ने आग पर काबू पा लिया । हालांकि बताया जा रहा है कि गनीमत रही कि इस दौरान कमरे में किसी के मौजूद न होने से जहां जानी नुकसान से बचाव हुआ वहीं सरकारी रिकॉर्ड का बचाव हो गया । बीडीपीओ दफ्तर में लगी आग जानकारी देते हुए सरदार लाल सिंह ने बताया कि आज उनके दफ्तर के पंचायत अधिकारी के कमरे में अचानक आग लग गई । वह अपने दफ्तर में ही मौजूद थे उनके कर्मचारियों ने उन्हें सूचना दी तो उन्होंने तुरंत फायर ब्रिगेड विभाग को सूचित किया । फायर ब्रिगेड ने आग पर पाया काबू सूचना पर फायर ब्रिगेड विभाग के कर्मचारी मौके पर पहुंचे और उन्होंने आग पर काबू पा लिया। बीडीओ ने बताया कि पंचायत अधिकारी के कमरे में AC के पास शॉर्ट सर्किट हुआ। जिससे आग अचानक कमरे में लगने से अफरा तफरी मच गई । बच गया बड़ा हादसा सरदार लाल सिंह ने बताया कि बताया कि कमरे में उस वक्त कोई मौजूद नहीं था जब आग लगी। लेकिन गनीमत रही कि आग पर समय रहते काबू पा लिया गया और पंचायत अधिकारी के कमरे में पड़े सरकारी रिकॉर्ड का बचाव हो गया ।
गुरुग्राम के सेक्टर 40 में लॉ कॉलेज के गेट पर खुद को आग लगाने वाले युवक की दिल्ली के एम्स अस्पताल में मौत हो गई। उसने बुधवार रात करीब नौ बजे पेट्रोल डाल कर आग लगा ली थी। हालांकि मौके पर पहुंची पुलिस ने कंबल डालकर आग बुझा ली थी। आग से युवक 60 प्रतिशत से ज्यादा झुलस गया। युवक की पहचान सीतापुर जिले के रहने वाले 24 वर्षीय अंकित के रूप में की गई। बताया जाता है कि वह एक युवती के साथ सेक्टर 31 में लिव-इन में रहता था। युवती और उसके बीच कुछ दिनों से अनबन चल रही थी। इसी के चलते उसने इस तरह का कदम उठा लिया। अंकित उसे अपने साथ चंडीगढ़ ले जाना चाहता था। दिल्ली के सफदरजंग अस्पताल में चल रहा था इलाज सेक्टर-40 थाना प्रभारी राजेश बागड़ी का कहना है कि युवक को सरकारी अस्पताल में भर्ती करवाया गया था। इस मामले की जांच की जा रही है। युवक थाने में नहीं आया था। इसके बाद युवक की मौत की जानकारी मिली है। उसका इलाज दिल्ली के सफदरजंग अस्पताल में चल रहा था।
भिंड में रसोई गैस सिलेंडर की किल्लत के चलते गोहद कस्बे में सिलेंडरों का वितरण पुलिस की निगरानी में किया जा रहा है। हालात ऐसे बने हुए हैं कि थाने परिसर से सिलेंडर बांटने पड़ रहे हैं। करीब 25 हजार से अधिक आबादी वाले इस कस्बे में गैस एजेंसी न होने के कारण उपभोक्ताओं को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। गोहद में पहले संचालित गैस एजेंसी बंद होने के बाद सभी उपभोक्ताओं के कनेक्शन आसपास की एजेंसियों में स्थानांतरित कर दिए गए थे। इससे एक ही एजेंसी पर दबाव बढ़ गया और आपूर्ति व्यवस्था प्रभावित हो गई। गुरुवार को कनिष्ठ आपूर्ति अधिकारी रामसिंह तोमर ने सौंधा स्थित बलराम गैस एजेंसी से सिलेंडर मंगवाकर गोहद थाने परिसर में वितरण कराया। प्रशासन का कहना है कि एजेंसी पर भीड़ बढ़ने और विवाद की आशंका के चलते यह व्यवस्था की गई। उपभोक्ता बोले- 15 दिन लेट आ रहे सिलेंडरहालांकि, जमीनी स्थिति प्रशासन के दावों से अलग नजर आ रही है। उपभोक्ताओं का आरोप है कि उन्हें सिलेंडर के लिए 15-15 दिन तक इंतजार करना पड़ रहा है। कई लोगों ने बताया कि 25 मार्च और उसके बाद बुकिंग कराने के बावजूद अब तक रिफिल नहीं मिली, जबकि बाद में बुकिंग करने वालों को सिलेंडर दे दिए गए। इससे एजेंसी संचालक पर मिलीभगत कर ब्लैक मार्केटिंग करने के आरोप लग रहे हैं। अधिकारी बोले- शादी का सीजन इसलिए खपत बढ़ीजूनियर आपूर्ति अधिकारी रामसिंह तोमर का कहना है कि सहालग (शादी का सीजन) शुरू होने से गैस की खपत बढ़ गई है, जिससे अस्थायी समस्या पैदा हुई है। उन्होंने जांच कर सभी उपभोक्ताओं को समय पर सिलेंडर उपलब्ध कराने का आश्वासन दिया है। वहीं, उपभोक्ताओं में भारी आक्रोश है। उपभोक्ता जैतून ने बताया कि एक माह पहले बुकिंग कराने के बावजूद उन्हें सिलेंडर नहीं मिला। अन्य उपभोक्ताओं ने भी आरोप लगाया कि बुकिंग कराने वालों को नजरअंदाज कर सिलेंडर ब्लैक में बेचे जा रहे हैं। कुल मिलाकर, भिंड जिले में एलपीजी आपूर्ति व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं और प्रशासन के दावे कमजोर पड़ते नजर आ रहे हैं।
कोटा में न्यायालय एनआई एक्ट क्रम-1 ने कोचिंग संस्थान के निदेशक को गिरफ्तारी वारंट से तलब किया है। मामला उधार लिए रुपए नहीं चुकाने और चेक बाउंस से जुड़ा है। कोर्ट ने 16 अप्रैल को रेजोनेंस कोचिंग संस्थान के निदेशक रामकिशन वर्मा को गिरफ्तारी वारंट से तलब किया था। इसके बाद भी वर्मा कोर्ट में पेश नहीं हुए। कोर्ट में मामले की अगली सुनवाई 18 जुलाई को होगी। मामले के अनुसार परिवादी दीपक सिंह ने अपने वकील विवेक नंदवाना के जरिए वर्ष 2025 में धारा 138 के तहत एनआई एक्ट में परिवाद पेश किया था। परिवाद में बताया- रेजोनेंस कोचिंग संस्थान के निदेशक रामकिशन वर्मा (आरके वर्मा ) ने अपने व्यवसाय के लिए कुछ साल पहले 2 करोड़ की रकम उधार ली। इसकी अदायगी के लिए चेक दिया गया। तय समय में चेक बैंक में लगाया, लेकिन बाउंस हो गया। नोटिस के बाद भी नहीं लौटाए रुपए परिवादी दीपक सिंह ने बताया- नोटिस देने के बाद भी रामकिशन वर्मा ने उधार लिए रुपए नहीं लौटाए। कोर्ट ने परिवाद पर सुनवाई करते हुए रामकिशन वर्मा को जमानती वारंट से तलब किया। जमानती वारंट जारी होने के बाद भी रामकिशन वर्मा गुरुवार को कोर्ट में पेश नहीं हुए। परिवादी के वकील ने कोर्ट में कहा- आरोपी प्रभावशाली व्यक्ति है। वह अपने आपको बचाता है। वकील ने कोर्ट से रामकिशन वर्मा को गिरफ्तारी वारंट से तलब किए जाने की मांग की। गिरफ्तारी वारंट की पालना के लिए जवाहर नगर थाने को निर्देश दिया गया।
हांसी में गेहूं के अवशेष में लगी आग:2 किसानों के 5 एकड़ में फाने जले, पशु चारे के लिए रखे थे
हांसी के शेखपुरा गांव में गुरुवार दोपहर गेहूं के फसल अवशेषों में आग लग गई। आग तेजी से फैली और 2 किसानों के खेतों में फाने जलकर राख हो गए। इस घटना में करीब 5 एकड़ क्षेत्र में गेहूं की फसल के अवशेष नष्ट हो गए, जिससे किसानों को आर्थिक नुकसान हुआ है। शेखपुरा निवासी किसान संदीप ने बताया कि उन्होंने हाल ही में अपने खेत से गेहूं की कटाई करवाई थी। पशुओं के लिए फसल अवशेष (फान) खेत में ही रखे हुए थे। गुरुवार दोपहर अचानक उनके खेत में फानों में आग लग गई। तेज हवा के कारण आग फैलकर पास के खेत तक पहुंच गई। 2 किसानों के खेतों में लगी आग आग लगने से किसान संदीप के लगभग 3 एकड़ और किसान कालिया के करीब 2 एकड़ गेहूं के फान जलकर नष्ट हो गए। घटना की सूचना मिलते ही डायल-112 की टीम मौके पर पहुंची। फायर ब्रिगेड को भी बुलाया गया, जिसके बाद फायर ब्रिगेड कर्मियों ने कड़ी मशक्कत कर आग पर काबू पाया। आग लगने के कारणों का अभी तक पता नहीं चल पाया है। प्रशासन ने किसानों से खेतों में आग से बचाव के लिए विशेष सावधानी बरतने की अपील की है, ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं से होने वाले नुकसान को रोका जा सके।
बेतिया में कृषि क्षेत्र को आधुनिक बनाने के उद्देश्य से एस्कॉर्ट्स कुबोटा लिमिटेड ने अपने अत्याधुनिक कंबाइंड हार्वेस्टर का शुभारंभ किया। यह लॉन्च मोहित एंटरप्राइजेज के शोरूम में हुआ। इस अवसर पर कंपनी के अंतरराष्ट्रीय एवं राष्ट्रीय प्रतिनिधि मसाशी तनाका, अत्सुया ओटा, ताकाशी नाकायामा, युकी फुरुइची, युजी कानेको और निलेश कदम उपस्थित रहे। मोहित एंटरप्राइजेज के डायरेक्टर मोहित शर्मा भी कार्यक्रम में मौजूद थे। कंपनी प्रतिनिधियों ने बताया कि बेतिया और आसपास के क्षेत्रों में किसानों की बढ़ती जरूरतों को देखते हुए इस उन्नत हार्वेस्टर को बाजार में उतारा गया है। मोहित एंटरप्राइजेज ग्राहकों को कुबोटा और फार्म पावर जैसे प्रतिष्ठित ब्रांड्स के उत्पादों के साथ-साथ बेहतर आफ्टर-सेल्स सर्विस भी प्रदान करेगा। बिहार के किसानों के बीच अपनी पहचान बना चुकाइस लॉन्च के दौरान फार्मपावर एके-133 हार्वेस्टर पर विशेष ध्यान दिया गया। यह मॉडल पहले ही बिहार के किसानों के बीच अपनी पहचान बना चुका है। गेहूं के सीजन में इसके उत्कृष्ट प्रदर्शन के कारण कई यूनिट्स की सफल बिक्री हुई है, और उपयोगकर्ताओं ने इसकी कार्यक्षमता पर संतोष व्यक्त किया है। हार्वेस्टर की प्रमुख विशेषताओं में 133 एचपी का शक्तिशाली इंजन, 51 इंच का थ्रेशर, 14 फीट चौड़ा कटर बार, हाइड्रोलिक अनलोडिंग ऑगर ट्यूब, इन-बिल्ट जीपीएस सिस्टम, बैक कैमरा और फ्रंट डिस्प्ले जैसी आधुनिक तकनीक शामिल हैं। इसके अतिरिक्त, 3-चेन फीडर हाउस और 4-व्हील ड्राइव (वैकल्पिक) जैसी सुविधाएं इसे सभी प्रकार की भूमि के लिए उपयुक्त बनाती हैं। उत्कृष्ट सेवा प्रदान करने की अपनी प्रतिबद्धता दोहराईयह आधुनिक मशीन किसानों के लिए समय बचाने और उत्पादन क्षमता बढ़ाने में सहायक सिद्ध होगी। मोहित एंटरप्राइजेज ने इस अवसर पर गुणवत्ता, विश्वास और उत्कृष्ट सेवा प्रदान करने की अपनी प्रतिबद्धता दोहराई। इस पहल को किसानों को आधुनिक खेती की ओर अग्रसर करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
सलूम्बर में गुरुवार को कलेक्ट्रेट सभागार में जिला स्तरीय जनसुनवाई का आयोजन किया गया। इसका उद्देश्य आमजन की समस्याओं का त्वरित और प्रभावी समाधान करना था। यह त्रिस्तरीय जनसुनवाई व्यवस्था के तहत संचालित की गई। जनसुनवाई के दौरान अतिरिक्त जिला कलक्टर डॉ. दिनेश राय सापेला ने आमजन की परिवेदनाएं ध्यानपूर्वक सुनीं। उन्होंने संबंधित विभागों के अधिकारियों को समस्याओं के शीघ्र एवं प्रभावी समाधान के निर्देश दिए। इस जनसुनवाई में राजस्व विभाग, श्रम विभाग, जल स्वास्थ्य एवं अभियांत्रिकी विभाग सहित विभिन्न विभागों से संबंधित कुल 22 प्रकरण प्राप्त हुए। अतिरिक्त जिला कलक्टर ने सभी प्रकरणों को गंभीरता से लेते हुए अधिकारियों को निर्देशित किया कि वे प्रत्येक शिकायत का संवेदनशीलता के साथ तुरंत निस्तारण सुनिश्चित करें, जिससे आमजन को समय पर राहत मिल सके। जनसुनवाई में जिले के समस्त उपखंड अधिकारी एवं ब्लॉक स्तरीय अधिकारी भी वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से जुड़े रहे। इस दौरान अतिरिक्त जिला कलक्टर ने राजस्थान संपर्क पोर्टल पर दर्ज लंबित प्रकरणों की भी समीक्षा की। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को इनका शीघ्र निस्तारण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। इस मौके पर विभिन्न विभागों के जिला स्तरीय अधिकारी उपस्थित थे।
किशनगंज में खनन माफियाओं के द्वारा लगातार खनन किया जा रहा है, इस तरह के खनन से सरकार को लाखों-करोड़ों के राजस्व का नुकसान होता है। हालांकि समय समय पर पुलिस इसपर शिकंजा भी कसता जा रहा है। इसी क्रम में अवैध बालू और मिट्टी खनन के खिलाफ कार्रवाई करते हुए सुखानी थाना की पुलिस को मिट्टी खनन की जानकारी मिली। सूचना मिलने के बाद पुलिस ने छापेमारी करते हुए गुरुवार को साबोडांगी इलाके से मिट्टी लदे तीन ट्रैक्टर जब्त किए। संबंधित कोई भी वैध कागजात प्रस्तुत नहीं किए जा सकेसुखानी थाना के थानाध्यक्ष मन्नू कुमारी ने बताया कि तीनों ट्रैक्टरों को साबोडांगी मोड़ से जब्त किया गया। जांच के दौरान, ट्रैक्टर चालकों द्वारा मिट्टी खनन और परिवहन से संबंधित कोई भी वैध कागजात प्रस्तुत नहीं किए जा सके। अवैध खनन और परिवहन से जुड़े इस मामले में ट्रैक्टरों को जब्त कर थाने लाया गया है। पुलिस ने इस संबंध में जिला परिवहन अधिकारी (डीटीओ) और खनन विभाग को सूचित कर दिया है, और आगे की कार्रवाई की जा रही है। इन सभी ट्रैक्टर के विरुद्ध चालान काटा जाएगा। थाना अध्यक्ष ने बताया, किशनगंज जिले में अवैध बालू और मिट्टी खनन के खिलाफ पुलिस प्रशासन लगातार अभियान चला रहा है। यह कार्रवाई इसी अभियान का हिस्सा है।
उत्तर पश्चिम रेलवे के महाप्रबंधक अमिताभ ने गुरुवार को भीलड़ी–समदड़ी–लूणी–जोधपुर रेलखंड का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने जालोर रेलवे स्टेशन का दौरा किया और नवनिर्मित स्टेशन भवन और यात्री सुविधाओं सहित विभिन्न विकास कार्यों का जायजा लिया। महाप्रबंधक अमिताभ और मंडल रेल प्रबंधक (DRM) अनुराग त्रिपाठी के जालोर पहुंचने पर लोगों ने जालोर शहर के एफसीआई रेलवे फाटक संख्या सी-45 पर ओवरब्रिज बनाने की मांग को लेकर ज्ञापन दिया। इस दौरान शहरवासियों व रेलवे संघर्ष समिति के द्वारा जीएम को माला व साफा पहनाकर स्वागत किया। उसके बाद उन्होंने डीआरएम, जालोर विधायक जोगेश्वर गर्ग के साथ निर्माणाधीन रेलवे स्टेशन, शहीद स्मारक, का निरीक्षण कर व्यवस्था देखी। प्रोत्साहन राशि की घोषणा की जालोर में भवन का निर्माण कार्य को जल्द पूरा कैसे करें। जिसकी जानकारी लेने के साथ ही अधिकारियों को निर्देशित किया। जीएम ने दोहरी करण को लेकर हो रहे काम की भी जानकारी ली। हालांकि, नए भवन में काम शुरू करने के लिए थोड़ा समय लग जाएगा। इसके 12 फीट का फुट ओवर ब्रिज का काम करना बाकी है। जिसमें समय लगेगा। उसके बाद भी इस नए भवन में रेलवे का काम संचालित किया जाएगा। जालोर स्टेशन पर अमृत भारत स्टेशन योजना के अंतर्गत विकसित सुविधाओं का बालवाड़ा–मोकलसर सेक्शन में स्थित गेट संख्या सी-24 का निरीक्षण करते हुए महाप्रबंधक ने गेटमैन सुखराम की कार्यप्रणाली की सराहना की एवं उन्हें उत्कृष्ट कार्य के लिए 5 हजार रूपए की प्रोत्साहन राशि प्रदान की। इसके साथ ही गैंग नंबर 5 के कार्यों का निरीक्षण कर कर्मचारियों से संवाद किया और उन्हें 20 हजार रुपए की प्रोत्साहन राशि देने की घोषणा की। अन्य अधिकारी रहे मौजूद निरीक्षण के दौरान मंडल रेल प्रबंधक (DRM)अनुराग त्रिपाठी, प्रधान मुख्य सुरक्षा अधिकारी (PCSO) संतराम मीणा, प्रधान मुख्य परिचालन प्रबंधक (PCOM) मदन लाल देवड़ा, प्रधान मुख्य अभियंता (PCE) जे. एस. लाठरा, प्रधान मुख्य सिग्नल एवं दूरसंचार अभियंता (PCSTE) अनुराग गोयल, प्रधान मुख्य वाणिज्य प्रबंधक (PCCM) सीमा शर्मा, प्रधान मुख्य चिकित्सा निदेशक (PCMD) के. कृष्णा कुमार और मुख्य जनसंपर्क अधिकारी (CPRO) अमित सुदर्शन, (PRO) पुरुषोत्तम सहित अन्य अधिकारी शामिल रहे।
आजमगढ़ जिले के शहर कोतवाली क्षेत्र के बंधा रोड पर एक अज्ञात डेड बॉडी मिली। मामले की जानकारी मिलने के बाद आसपास के लोगों ने मामले की सूचना पुलिस को दी मौके पर पहुंची पुलिस ने मृतक युवक की पहचान में जुट गई। आस पास के लोगो की मदद से मृतक युवक की पहचान करा ली गई। मृतक युवक की पहचान सुधाकर पाठक 31 पुत्र संजय पाठक के रूप में हुई। पुलिस ने डेड बॉडी को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। इस बारे में क्षेत्राधिकारी का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर घटना के कारणों का खुलासा हो सकेगा। मौके पर पहुंचे कोतवाली प्रभारी यादवेंद्र पाण्डेय मामले की छानबीन में जुट गई। पत्नी ने लगाया किसी अनजान के फोन उठाने का आरोपइस बारे में मृतक की पत्नी पूजा द्वारा बताया गया कि जब फोन मेरे द्वारा किया गया तो किसी अनजान व्यक्ति द्वारा फोन उठाकर खुद को बड़ादेव और उसके बाद पुरानी सब्जी मंडी पर मोबाइल देने की बात कही गई। कुछ देर बाद मोबाइल स्विच ऑफ हो गया। हालांकि पुलिस आसपास के सीसीटीवी फुटेज और मोबाइल को ट्रैक कर रही है। जिससे की घटना के कारणों का खुलासा हो सके।
हिसार जिले के गांव अग्रोहा में अवैध कालोनियों के खिलाफ जिला नगर योजनाकार (डीटीपी) विभाग ने गुरुवार को कार्रवाई करते हुए अग्रोहा मोड़ स्थित विकास नगर में अनाधिकृत निर्माणों को ध्वस्त कर दिया। करीब पांच घंटे चली इस कार्रवाई के दौरान विभाग की टीम ने जेसीबी मशीनों की मदद से कई प्लॉटों की नींव, चारदीवारी और अवैध रूप से विकसित किए गए ढांचों को तोड़ दिया, वहीं कालोनियों के अंदर बनाए गए रोड नेटवर्क को भी उखाड़ दिया। मौके पर तैनात किया गया पुलिस बल कार्रवाई के दौरान क्षेत्र में प्रशासनिक हलचल बनी रही और किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए भारी पुलिस बल तैनात किया गया। मौके पर ड्यूटी मजिस्ट्रेट के रूप में एसडीओ पंचायती राज अग्रोहा पवन कुमार, डीटीपी दिनेश कुमार, जेई हरिमोहन सहित विभागीय अधिकारी मौजूद रहे और पूरी कार्रवाई की निगरानी की। डीटीपी दिनेश कुमार ने बताया कि विभाग को लगातार शिकायतें मिल रही थीं कि विकास नगर व आसपास की कॉलोनियों में बिना अनुमति के अवैध निर्माण कार्य किए जा रहे हैं। इसी के चलते नियमानुसार कार्रवाई करते हुए अवैध निर्माणों को हटाया गया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि इस तरह की कार्रवाई आगे भी लगातार जारी रहेगी। अवैध कॉलोनियों में प्लॉट ना खरीदने की अपील उन्होंने आमजन से अपील करते हुए कहा कि लोग अवैध कालोनियों में प्लॉट खरीदने या निर्माण कार्य करने से बचें, अन्यथा उनकी मेहनत की कमाई व्यर्थ हो सकती है। उन्होंने कहा कि बिना अनुमति के किए गए किसी भी निर्माण को विभाग द्वारा ध्वस्त किया जाएगा। डीटीपी ने यह भी कहा कि किसी भी प्लॉट या संपत्ति की खरीद से पहले संबंधित कॉलोनी की वैधता की जांच अवश्य कर लें। इसके लिए नागरिक डीटीपी कार्यालय से जानकारी प्राप्त कर सकते हैं, ताकि भविष्य में किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े।

