क्रिस्टियानो रोनाल्डो और जॉर्जीना रोड्रिगेज आखिरकार शादी के बंधन में बंध गए हैं। दोनों ने 11 अगस्त को पुर्तगाल के कास्काइस में बेहद निजी सिविल सेरेमनी में शादी की। समारोह में उनके पांच बच्चे मौजूद रहे।
क्रिस्टियानो रोनाल्डो ने पुर्तगाल में अपनी गर्लफ्रेंड जॉर्जिना रोड्रिगेज से शादी कर ली है। दोनों की शादी को लेकर कई सालों से अटकलें चल रही थीं। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक दोनों ने मंगलवार को सिविल मैरिज (कोर्ट मैरिज) की है। दोनों 2016 में मैड्रिड में मिले थे और तब से साथ हैं। उन्होंने इंस्टाग्राम पर अपनी अंगूठियां दिखाते हुए एक फोटो भी शेयर की। ठीक एक साल पहले सगाई की थी रोनाल्डो और जॉर्जिना ने आज से ठीक एक साल पहले 12 अगस्त 2025 को सगाई की थी। उस वक्त जॉर्जिना ने इंस्टाग्राम पर एंगेजमेंट रिंग की फोटो शेयर की थी और कैप्शन में लिखा था, 'हां मैं आपसे प्यार करती हूं। इस जिंदगी और आने वाली हर जिंदगी में।' रोनाल्डो और जॉर्जिना नौ साल (2016) से डेट कर रहे हैं। दोनों ने 2017 की शुरुआत में अपने रिश्ते की पुष्टि की थी और ज्यूरिख में फीफा फुटबॉल अवार्ड्स में पहली बार एक साथ दिखाई दिए थे। 5 बच्चों के पिता हैं रोनाल्डो जॉर्जिना एक स्पेनिश मॉडल और सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर हैं। इन दोनों के साथ में चार बच्चे हैं। एवा मारिया और मातेओ का जन्म 2017 में सरोगेसी से हुआ था। वहीं, 2017 में ही जॉर्जिना ने बेटी अलाना मार्टिना और 2022 में बेला एस्मेराल्डा को जन्म दिया था। इसके अलावा रोनाल्डो का एक बेटा भी है। क्रिस्टियानो रोनाल्डो जूनियर, जिनका जन्म 2010 में हुआ था। 900 गोल करने वाले दुनिया के पहले खिलाड़ी रोनाल्डो ने पिछले साल 5 सितंबर को क्रोएशिया के खिलाफ मुकाबले में अपने करियर का 900वां गोल किया था। ऐसा करने वाले वे दुनिया के पहले खिलाड़ी हैं। रोनाल्डो ने यह माइलस्टोन हासिल करने के बाद सोशल मीडिया पर अपने फुटबॉल के सफर का एक क्लिप शेयर किया था। इस वीडियो को शेयर करते हुए रोनाल्डो ने सभी फैंस को शुक्रिया कहा। साथ ही कहा कि उन्होंने काफी समय से यह सपना देखा था, जो पूरा हो चुका है। अभी कुछ और सपने पूरे करने बाकी हैं। --------------------------------- ये खबर भी पढ़ें… रोनाल्डो लगातार 6 वर्ल्डकप में गोल करने वाले पहले फुटबॉलर:टूर्नामेंट में पुर्तगाल के लिए सबसे ज्यादा गोल करने का रिकॉर्ड भी बनाया पुर्तगाल के कप्तान क्रिस्टियानो रोनाल्डो लगातार 6 फुटबॉल वर्ल्डकप में गोल करने वाले दुनिया के पहले खिलाड़ी बन गए हैं। उन्होंने मंगलवार रात को उज्बेकिस्तान के खिलाफ छठे मिनट में गोल करके यह उपलब्धि हासिल की। पूरी खबर पढ़ें…
बांग्लादेश के लिए गुड न्यूज, ऑस्ट्रेलिया टेस्ट से पहले तेज गेंदबाज ने पास किया फिटनेस टेस्ट
बांग्लादेश की टीम इन दिनों दो मैचों की टेस्ट सीरीज के लिए ऑस्ट्रेलिया दौरे पर है। तेज गेंदबाज शोरीफुल इस्लाम हैमस्ट्रिंग इंजरी की वजह से पहला टेस्ट मैच नहीं खेल रहे हैं।
फुटबॉल खेलते समय बिजली गिरने से 2 लोगों की मौत:मेघालय के गांव में हादसा; 8 घायल अस्पताल में भर्ती
मेघालय में फुटबॉल खेलते समय बिजली गिरने से मंगलवार को 2 लोगों की मौत हो गई। घटना वेस्ट खासी हिल्स जिले के मावस्नापविर गांव की है। हादसे में 8 लोग घायल हो गए। पुलिस के अनुसार, हादसा दोपहर करीब 3 बजे हुआ। घायलों का अस्पताल में इलाज चल रहा है। दोनों मृतकों की उम्र 20 साल से कम थी पुलिस ने बताया कि मृतकों की पहचान 18 साल के मिकसन खशियार और 19 साल के क्लेवर्सन खशियार के रूप में हुई है। दोनों जिले के लॉवराफा गांव के रहने वाले थे। ------------------------------- स्पोर्ट्स की यह खबर भी पढ़ें… मेसी ने फुटबॉल से ब्रेक लिया:पिता की मौत के बाद परिवार के साथ रहने का फैसला; संन्यास लेने के संकेत नहीं लियोनेल मेसी ने पिता की मौत के बाद फुटबॉल से दूरी बना ली है। उन्होंने अनिश्चितकाल के लिए खेल से ब्रेक लिया है। वे अमेरिका के मेजर सॉकर लीग में इंटर मियामी क्लब के लिए खेलते हैं। पूरी खबर पढ़ें…
स्क्वैश पीएसए चैलेंजर टूर: सूरज ने मेनशावी को हराया, संदेश ने वजीराली को चौंकाया
कोलकाता, 11 अगस्त (आईएएनएस)। एचसीएल स्क्वैश पीएसए चैलेंजर टूर में मंगलवार को पुरुष प्री-क्वार्टर फाइनल में सूरज कुमार चंद ने मिस्र के हसन मेनशावी के खिलाफ 11-4, 8-11, 11-2, 9-11, 11-8 से जीत हासिल की। वर्ल्ड यूनिवर्सिटी स्क्वैश चैंपियनशिप में सिंगल्स का खिताब जीतने वाले सूरज कुमार चंद ने यह मुकाबला 73 मिनट में अपने नाम किया।
NCA से क्यों निकाला गया? 26 साल बाद हरभजन सिंह ने खोला राज
भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व स्पिनर हरभजन सिंह ने NCA से जुड़ा एक किस्सा साझा किया है. उन्होंने बताया कि क्यों उनको वहां से बाहर निकाल दिया गया था जिसमें उनकी कोई गलती नहीं थी.
FIFA World Cup की सफलता का हवाला देकर Donald Trump ने Infantino को बताया 'शानदार व्यक्तित्व'
फीफा अध्यक्ष जियानी इन्फेंटिनो को लेकर विवाद लगातार बढ़ता जा रहा है। एक तरफ यूरोप, एशिया और उत्तर एवं मध्य अमेरिका के फुटबॉल महासंघ उनके काम करने के तरीके पर गंभीर सवाल उठा रहे हैं, तो दूसरी तरफ अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप खुलकर इन्फेंटिनो के समर्थन में आ गए हैं। ट्रंप ने कहा है कि इन्फेंटिनो को हटाने की कोशिश करना फीफा के लिए बहुत बड़ी गलती होगी। डोनाल्ड ट्रंप ने सोमवार को अपने सोशल मीडिया पर इन्फेंटिनो के पक्ष में संदेश जारी किया। उन्होंने फीफा अध्यक्ष को शानदार व्यक्ति बताते हुए कहा कि उनके नेतृत्व में अब तक का सबसे सफल विश्व कप आयोजित हुआ है। ट्रंप ने यहां तक कहा कि अगर इन्फेंटिनो पद से हटते हैं तो आगे होने वाला विश्व कप पहले जैसा सफल या कमाई वाला नहीं हो पाएगा। गौरतलब है कि ट्रंप और इन्फेंटिनो के बीच पिछले कुछ समय में नजदीकी भी देखने को मिली है। पिछले साल विश्व कप के लिए हुए समूह निर्धारण कार्यक्रम के दौरान इन्फेंटिनो ने ट्रंप को फीफा शांति पुरस्कार दिया था। हाल ही में दोनों ने विश्व कप का फाइनल भी साथ देखा था। हालांकि, ट्रंप का समर्थन अमेरिकी फुटबॉल महासंघ के रुख से अलग है, क्योंकि अमेरिका का फुटबॉल संगठन भी इन्फेंटिनो की आलोचना करने वालों में शामिल है। विवाद की मुख्य वजह इन्फेंटिनो की वह योजना है, जिसके तहत फीफा की कुछ प्रतियोगिताओं में निजी निवेश लाने की कोशिश की गई थी। विश्व कप से जुड़ी व्यावसायिक गतिविधियों में निजी निवेश की इस योजना को लेकर कई फुटबॉल महासंघों ने कड़ी आपत्ति जताई। यूरोपीय फुटबॉल महासंघ ने तो विश्व कप सहित फीफा की प्रतियोगिताओं के बहिष्कार की चेतावनी तक दे दी थी। भारी विरोध के बाद इन्फेंटिनो को अपनी योजना वापस लेनी पड़ी। मौजूद जानकारी के अनुसार, सोमवार को यूरोपीय फुटबॉल महासंघ, उत्तर एवं मध्य अमेरिकी महासंघ और एशियाई फुटबॉल महासंघ ने संयुक्त रूप से इन्फेंटिनो के नेतृत्व पर सवाल उठाए हैं। तीनों संगठनों ने आरोप लगाया कि भरोसा तोड़ा गया है और फैसले लेने की प्रक्रिया में पारदर्शिता की कमी रही है। उनका कहना है कि फुटबॉल किसी एक व्यक्ति की निजी संपत्ति नहीं है और नेतृत्व पूरे खेल समुदाय के लिए जवाबदेह होना चाहिए। फीफा ने इससे पहले इन्फेंटिनो को कमजोर करने की कोशिशों की आलोचना की थी। पिछले सप्ताह मोरक्को में फीफा के वरिष्ठ अधिकारियों की आपात बैठक हुई, जिसमें इन्फेंटिनो को पूरा समर्थन दिया गया था। हालांकि, विरोध करने वाले तीनों महासंघों ने इस समर्थन को पर्याप्त नहीं माना है। उनका कहना है कि चुनिंदा अधिकारियों की बैठक से मूल समस्या खत्म नहीं होती। इन्फेंटिनो अगले साल मार्च में फीफा अध्यक्ष के रूप में चौथे और आखिरी कार्यकाल के लिए चुनाव लड़ सकते हैं। उम्मीदवारों के नामांकन की अंतिम तारीख 18 नवंबर है। फिलहाल उनके सामने संभावित चुनौती देने वालों में उत्तर एवं मध्य अमेरिकी फुटबॉल महासंघ के अध्यक्ष विक्टर मोंटाग्लियानी का नाम चर्चा में है। अफ्रीकी फुटबॉल महासंघ इन्फेंटिनो के समर्थन में है, जबकि दक्षिण अमेरिकी महासंघ का रुख भी काफी हद तक उनके पक्ष में माना जा रहा है।
आर्सेनल के युवा खिलाड़ी माइल्स लुईस-स्केली को लेकर स्थानांतरण बाजार में एक बार फिर हलचल तेज हो गई है। मौजूद जानकारी के अनुसार, मैनचेस्टर यूनाइटेड और चेल्सी को इस युवा खिलाड़ी को अपने साथ जोड़ने का मौका दिया गया है। आर्सेनल में उनकी मौजूदा स्थिति को देखते हुए आने वाले दिनों में उनके भविष्य को लेकर बड़ा फैसला हो सकता है। माइल्स लुईस-स्केली को इंग्लैंड के सबसे प्रतिभाशाली युवा खिलाड़ियों में गिना जाता है। उन्होंने 2024-25 सत्र में शानदार प्रदर्शन करते हुए अपनी पहचान बनाई थी। हालांकि, पिछले सत्र में टीम में उनकी जगह पहले की तुलना में कम हुई। इसके बावजूद सत्र के आखिरी हिस्से में उन्हें मिडफील्ड में खेलने का मौका मिला, जहां उन्होंने अच्छा प्रभाव छोड़ा। खास बात यह रही कि उन्होंने मार्टिन जुबिमेंडी से आगे खेलते हुए भी अपनी क्षमता दिखाई। अब आर्सेनल में उनके लिए परिस्थितियां कुछ मुश्किल होती नजर आ रही हैं। क्लब ने इस गर्मी में पिएरो हिनकापिए और ब्रूनो फर्नांडिस जैसे खिलाड़ियों को टीम में शामिल किया है। ऐसे में बाएं छोर के रक्षक और मिडफील्ड दोनों जगह लुईस-स्केली के खेलने के मौके सीमित हो सकते हैं। इसी वजह से आर्सेनल अब उनके भविष्य पर विचार कर रहा है। फुटबॉल लंदन के पत्रकार बॉब विंसेंट की रिपोर्ट के मुताबिक, मैनचेस्टर यूनाइटेड और चेल्सी उन क्लबों में शामिल हैं, जिन्हें लुईस-स्केली को लेने का मौका दिया गया है। रिपोर्ट में दावा किया गया है कि आर्सेनल में ब्रूनो गिमाराएस के करीब 7.5 करोड़ पाउंड के करार के बाद इस युवा खिलाड़ी की स्थिति पर चर्चा बढ़ी है। चेल्सी लंबे समय से लुईस-स्केली की प्रतिभा पर नजर रखे हुए बताई जा रही है। हालांकि, यह अभी साफ नहीं है कि लंदन का यह क्लब उनके लिए आधिकारिक प्रस्ताव देगा या नहीं। रिपोर्ट में यह भी कहा गया है कि अगर चेल्सी आर्सेनल के सामने अच्छा प्रस्ताव रखता है तो उत्तर लंदन का क्लब उसे ठुकराने की स्थिति में मुश्किल में पड़ सकता है। गौरतलब है कि मैनचेस्टर यूनाइटेड का नाम भी इस दौड़ में सामने आया है। इसी बीच आर्सेनल के पूर्व खिलाड़ी ली डिक्सन ने एक अलग सुझाव दिया है। डिक्सन का मानना है कि आर्सेनल माइल्स लुईस-स्केली के बदले मैनचेस्टर यूनाइटेड के मार्कस रैशफोर्ड को टीम में ला सकता है। डिक्सन ने कहा कि वह दोनों खिलाड़ियों की अदला-बदली के पक्ष में होंगे। उनके मुताबिक, लुईस-स्केली को किसी दूसरे क्लब में खेलने की आजादी मिलने से उनका खेल और विकसित हो सकता है। वहीं, डिक्सन का मानना है कि रैशफोर्ड को सही समर्थन और भरोसे की जरूरत है और आर्सेनल के मैनेजर मिकेल आर्टेटा उनके लिए अच्छा माहौल तैयार कर सकते हैं। हालांकि, यह फिलहाल केवल एक सुझाव है और दोनों क्लबों के बीच ऐसे किसी सौदे की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। लुईस-स्केली के लिए भी यह फैसला उनके करियर का अहम मोड़ हो सकता है। एक तरफ आर्सेनल में बने रहकर स्थान के लिए संघर्ष करने का विकल्प है, तो दूसरी तरफ मैनचेस्टर यूनाइटेड या चेल्सी जैसे बड़े क्लब में अधिक मौके मिलने की संभावना है। अब नजर आर्सेनल के अगले फैसले और संभावित प्रस्तावों पर टिकी हुई हैं।
ऑस्ट्रेलिया के पूर्व ऑलराउंडर मोइसेस हेनरिक्स अब पुर्तगाल की क्रिकेट टीम की ओर से अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट खेलेंगे। ऑस्ट्रेलिया के लिए 44 इंटरनेशनल मैच खेल चुके ऑनरीकेज को पुर्तगाल की T20 टीम का कप्तान नियुक्त किया गया है।
साउथ अफ्रीका टीम का ऐलान, मार्को जानसेन के जुड़वां भाई की हुई एंट्री
साउथ अफ्रीका ने नामीबिया दौरे के लिए 15 सदस्यीय टीम का ऐलान किया है. इस टीम में मार्को जानसेन के जुड़वां भाई डुआन जानसेन को पहली बार नेशनल टीम की कॉल-अप मिली है. घरेलू क्रिकेट में शानदार प्रदर्शन के बाद सेलेक्टर्स ने उन पर भरोसा जताया. टीम नामीबिया और जिम्बाब्वे के खिलाफ टी20 ट्राई सीरीज के बाद तीन वनडे खेलेगी.
Barcelona से Liverpool पहुंचे Ronald Araujo, बोले- करियर के इस पड़ाव पर क्लब बदलना बेहद जरूरी था
बार्सिलोना से लिवरपूल पहुंचे रोनाल्ड अराउजो इस नए सफर को लेकर काफी उत्साहित नजर आ रहे हैं। उरुग्वे के इस डिफेंडर ने लिवरपूल से जुड़ने के बाद पहली बार अपनी बात रखी और कहा कि इस समय क्लब बदलना उनके करियर के लिए जरूरी था। अराउजो अब लिवरपूल की 33 नंबर की जर्सी में नजर आएंगे और इंग्लैंड में अपने खेल को नई दिशा देने की तैयारी में हैं। लिवरपूल की क्लब मीडिया से बातचीत में अराउजो ने कहा कि वह टीम के साथ जुड़ने और नए साथियों से मिलने के लिए बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं। उन्होंने इंग्लिश क्लब की तारीफ करते हुए कहा कि लिवरपूल का इतिहास बहुत बड़ा है और यहां खेलने का मौका उनके लिए शानदार है। उन्होंने यह भी बताया कि क्लब बदलने की पूरी प्रक्रिया बेहद तेजी से हुई, लेकिन लिवरपूल की दिलचस्पी सामने आने के बाद उन्हें इस फैसले को लेकर किसी तरह का संदेह नहीं था। मौजूद जानकारी के अनुसार, अराउजो का लिवरपूल में आना ऋण करार के तहत हुआ है। लिवरपूल उनके पूरे वेतन का भुगतान करेगा। इसके साथ ही इंग्लिश क्लब के पास अगले साल गर्मियों में करीब 5.5 करोड़ यूरो में अराउजो को स्थायी रूप से अपने साथ रखने का विकल्प भी मौजूद है। अगर लिवरपूल इस विकल्प का इस्तेमाल करता है तो यह सौदा बार्सिलोना के लिए आर्थिक रूप से भी फायदेमंद हो सकता है। अराउजो ने इंग्लैंड की फुटबॉल शैली को लेकर भी अपना उत्साह जाहिर किया है। उनका मानना है कि उनके खेलने का तरीका इस लीग के लिए काफी उपयुक्त है। तेज गति, शारीरिक मजबूती और मुकाबले में आक्रामक अंदाज को अराउजो अपनी बड़ी खूबियों में मानते हैं। उन्होंने कहा कि लंबे समय से उनकी इच्छा इंग्लैंड में खेलने की थी और अब उन्हें यह मौका मिल गया है। गौरतलब है कि अराउजो पिछले कुछ वर्षों से बार्सिलोना की टीम के अहम खिलाड़ियों में शामिल रहे हैं। वह अपनी रफ्तार, मजबूत शरीर और रक्षात्मक क्षमता के कारण टीम के लिए महत्वपूर्ण रहे हैं। हालांकि, बार्सिलोना में मौजूदा परिस्थितियों के बीच उनके लिए क्लब बदलने का फैसला सामने आया। अराउजो ने खुद भी माना है कि करियर के इस पड़ाव पर नए माहौल में जाना उनके लिए जरूरी था। लिवरपूल के लिए यह करार रक्षापंक्ति को मजबूत करने का एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। इंग्लैंड की तेज और शारीरिक रूप से चुनौतीपूर्ण फुटबॉल में अराउजो की क्षमता टीम के काम आ सकती है। हालांकि, उनके लिए सबसे बड़ी चुनौती खुद को नए माहौल में ढालने के साथ पूरे सत्र फिट रहना होगी। अराउजो ने अपने पहले ही संदेश में साफ कर दिया है कि वह इस मौके को लेकर पूरी तरह तैयार हैं। उनका कहना है कि वह लिवरपूल के लिए खेलने को लेकर बेहद उत्साहित हैं और मैदान पर उतरने का इंतजार कर रहे हैं। अब नजर इस बात पर रहेगी कि वह नए क्लब में कितना प्रभाव छोड़ पाते हैं और क्या लिवरपूल अगले साल उन्हें स्थायी रूप से अपने साथ रखने का फैसला करता है। फिलहाल दोनों पक्षों के लिए यह बदलाव एक नई शुरुआत माना जा रहा है।
135वां डूरंड कप: नॉर्थईस्ट यूनाइटेड ने एफसी1 को 2-1 से हराया, क्वार्टर फाइनल में जगह बनाई
गुवाहाटी, 11 अगस्त (आईएएनएस)। नॉर्थईस्ट यूनाइटेड एफसी ने मंगलवार को 135वें डूरंड कप के अपने आखिरी 'ग्रुप एफ' मैच में एफसी1 को 3-1 से शिकस्त देकर ग्रुप स्टेज में शानदार रिकॉर्ड के साथ क्वार्टर फाइनल में प्रवेश किया।
इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल) में दिल्ली कैपिटल्स के विकेटकीपर-बल्लेबाज अभिषेक पोरेल को मंगलवार सुबह हुबली में पुलिस ने गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई शादी का झांसा देकर रेप के आरोप से जुड़े मामले में हुई है।
भारत और अफगानिस्तान के बीच तीन मैचों की टी-20 सीरीज खेली जाएगी। क्रिकबज की रिपोर्ट के अनुसार, अफगानिस्तान क्रिकेट बोर्ड ने टी-20 सीरीज की तारीखों को कन्फर्म किया है। मुकाबले 13, 15 और 17 सितंबर को नई दिल्ली के अरुण जेटली स्टेडियम में खेले जाएंगे। बोर्ड ने 10 अगस्त को भेजे लेटर में कहा कि BCCI ने तारीखों पर सहमति दी है। इस सीरीज के साथ ही भारत के बांग्लादेश दौरा की संभावना लगभग खत्म हो गई है। पहली बार अफगानिस्तान भारत की मेजबानी करेगा सीरीज को लेकर BCCI या अफगानिस्तान बोर्ड से कन्फर्मेशन आना बाकी है। यह पहली बार होगा कि अफगानिस्तान बाइलेटरल सीरीज में आधिकारिक तौर पर भारत की मेजबानी करेगा। बोर्ड ने मीडिया राइट्स होल्डर्स से अपनी एडवांस प्लानिंग, शेड्यूलिंग, प्रोडक्शन अरेंजमेंट, प्रमोशनल एक्टिविटीज और दूसरी तैयारियां शुरू करने को कहा है। दो साल से टल रहा भारत का बांग्लादेश दौरा बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड (BCB) ने भारत के साथ 6 मैचों के लिए 1 से 13 सितंबर की तारीखें तय की थी। इनमें 3 टी-20 और 3 वनडे मैच खेले जाने थे। बोर्ड प्रेसिडेंट तमीम इकबाल ने कहा था कि हमने सरकार से कहा है कि भारत से बात करे। तमीम ने विदेश मंत्रालय जाकर सुरक्षा की गारंटी मांगी थी। हालांकि बांग्लादेश सरकार या BCCI की ओर से इसपर कोई स्टेटमेंट नहीं आया। अब अफगानिस्तान सीरीज का कम से कम एक मैच इस विंडो से टकरा रहा है। बांग्लादेश सीरीज को 3 पॉइंट्स में समझे… गणेश चतुर्थी पर मैच कराने की बात चल रही क्रिकबज की रिपोर्ट के अनुसार, अफगानिस्तान बोर्ड ने 14 सितंबर यानी गणेश चतुर्थी के दिन मैच कराने का प्रस्ताव भेजा है। बोर्ड ने BCCI से पूछा है कि क्या पहला या दूसरा मैच 14 सितंबर को किया जा सकता है। इससे सीरीज को त्योहार से जोड़ा जा सकेगा। -------------------------- स्पोर्ट्स की यह खबर भी पढ़ें… मेसी ने फुटबॉल से ब्रेक लिया:पिता की मौत के बाद परिवार के साथ रहने का फैसला; संन्यास लेने के संकेत नहीं लियोनेल मेसी ने पिता की मौत के बाद फुटबॉल से दूरी बना ली है। उन्होंने अनिश्चितकाल समय तक फुटबॉल लीग ‘मेजर लीग सॉकर’ से ब्रेक लिया है। वे लीग में इंटर मियामी क्लब के लिए खेलते हैं। पूरी खबर पढ़ें…
लियोनेल मेसी ने पिता की मौत के बाद फुटबॉल से दूरी बना ली है। उन्होंने अनिश्चितकाल के लिए खेल से ब्रेक लिया है। वे अमेरिका के मेजर सॉकर लीग में इंटर मियामी क्लब के लिए खेलते हैं। मेसी ने अर्जेंटीना में अपने परिवार के साथ रहने का फैसला किया है। मेसी के पिता जॉर्ज मेसी का 7 अगस्त को 68 साल की उम्र में निधन हो गया। वे लंबे समय से बीमार थे। मेसी के लौटने की तारीख तय नहीं कई रिपोर्ट्स ने इस घटना को मेसी के संन्यास से जोड़ा है। हालांकि ऐसे कोई संकेत नहीं है कि वे संन्यास लेने या हमेशा के लिए फुटबॉल से दूर होने की सोच रहे हो। मियामी ने उनकी वापसी की समयसीमा इसलिए तय नहीं की है, ताकि मेसी को पर्याप्त समय मिल सके। अभी ऑफिशियल बयान नहीं आया मेसी या इंटर मियामी ने इस बारे में कोई ऑफिशियल स्टेटमेंट नहीं दिया है। हालांकि अर्जेंटीना की रिपोर्ट्स में दावा किया गया है कि 39 साल के मेसी को जरुरत अनुसार पारिवारिक छुट्टी दी है। वे सहज होने तक अनुपस्थित रह सकते हैं। इंटर मियामी ने मेसी के पिता को सम्मान दिया इंटर मियामी ने मॉन्टेरे के खिलाफ लीग्स कप मैच से पहले जॉर्ज मेसी को सम्मान दिया। इस दौरान एक मिनट का मौन रखा गया। खिलाड़ियों ने काली पट्टी पहनी और फैंस ने मेसी के सपोर्ट में लिखे मैसेज दिखाए। मेसी के साथी खिलाड़ी रोड्रिगो डी पॉल ने मैच में गोल करने के बाद मेसी की नंबर 10 जर्सी भी दिखाई। मेसी इस मैच में नहीं खेले और इंटर मियामी को 2-1 से हार का सामना करना पड़ा। मेसी का इलाज कराने उनके पिता बार्सिलोना गए थे जॉर्ज अर्जेंटीना के रोसारियो में स्टील फैक्ट्री में काम करते थे। शुरुआती दिनों में उन्होंने मेसी को स्थानीय क्लब में ट्रेनिंग भी दी। जब मेसी में ग्रोथ हार्मोन डिफिशिएंसी का पता चला, तब इलाज का खर्च उठाना मुश्किल था। ऐसे में जॉर्ज 13 साल के मेसी को लेकर बार्सिलोना पहुंचे। बार्सिलोना ने ला मासिया अकादमी में दाखिला दिया। इलाज का खर्च भी क्लब ने उठाया। इसके बाद जॉर्ज हर कदम पर बेटे के साथ रहे। FIFA वर्ल्ड कप के दौरान भी चर्चा में रहे 2026 फीफा वर्ल्ड कप के दौरान भी जॉर्ज की तबीयत चर्चा में रही। अल्जीरिया के खिलाफ गोल करने के बाद भावुक हुए मेसी ने कहा था कि पिछले कुछ दिन उनके लिए बेहद मुश्किल रहे हैं। बाद में परिवार ने बयान जारी कर बीमारी की पुष्टि की। फुटबॉल वर्ल्ड कप 2026 के फाइनल में स्पेन ने अर्जेंटीना को 1-0 से हराकर खिताब जीता था। मेसी ने टूर्नामेंट में 8 गोल किए थे। फुटबॉल वर्ल्ड कप फाइनल की खबर पढ़ें… स्पेन ने 16 साल बाद फुटबॉल वर्ल्ड कप जीता:फाइनल में अर्जेंटीना को 1-0 से हराया, फेरन टोरेस ने एक्स्ट्रा टाइम में गोल दागा स्पेन ने 16 साल बाद फुटबॉल वर्ल्ड कप का खिताब जीत लिया। उसने न्यूयॉर्क के न्यू जर्सी स्टेडियम में खेले गए फाइनल में 2022 की चैंपियन अर्जेंटीना को 1-0 से हराया। स्पेन के लिए फेरन टोरेस ने एक्स्ट्रा टाइम में गोल किया। पूरी खबर पढ़ें…
17 अगस्त से दिल्ली में शुरू होने वाली BWF वर्ल्ड बैडमिंटन चैंपियनशिप से पहले बंदरों को रोकने के लिए 3 मिमिक आर्टिस्ट तैनात किए जाएंगे। ये आर्टिस्ट लंगूर की आवाज निकालकर बंदरों को स्टेडियम से दूर रखने का काम करेंगे। विदेशी मीडिया ने भी इस इंतजाम की खबर को यूनिक बताया है। जनवरी में हुए इंडिया ओपन के दौरान इंदिरा गांधी इंडोर स्टेडियम में बंदर घुसने की घटना के बाद किया गया है। उस समय स्टेडियम में बंदरों के साथ कबूतरों की वजह से भी परेशानी हुई थी। मैच के दौरान कोर्ट पर कबूतर की बीट गिरने के कारण खेल रोकना पड़ा था। लंगूर की आवाज सुनकर भागते हैं बंदर आयोजकों ने असली लंगूर रखने के बजाय उनकी आवाज निकालने वाले लोगों को काम पर लगाया है। इसकी वजह यह है कि बंदर लंगूरों से डरते हैं। लंगूर आकार में बड़े होते हैं और उनके आक्रामक होने की स्थिति में बंदर इलाके से दूर चले जाते हैं। मिमिक अपनी आवाज से लंगूर की गुर्राहट और दूसरे संकेतों की नकल करते हैं। जफर नाम के एक मंकी व्हिस्परर ने बताया कि आवाज सुनते ही कई बंदर भाग जाते हैं। उनके मुताबिक, आवाज निकालने का सही समय भी काफी महत्वपूर्ण होता है। मामला लीगल है में भी बंदरों से परेशान कोर्ट, निकाला था ऐसा ही जुगाड़ दिल्ली की इस असली समस्या की याद नेटफ्लिक्स की कॉमेडी-ड्रामा सीरीज मामला लीगल है के एक एपिसोड की कहानी भी दिलाती है। सीरीज में पटपड़गंज डिस्ट्रिक्ट कोर्ट परिसर में बंदरों के आतंक से वकील परेशान हो जाते हैं। एक बंदर वकील का बैग छीनकर पेड़ पर ले जाता है और उसमें रखे पैसे नीचे फेंक देता है। इसके बाद वकील बंदरों के खिलाफ कार्रवाई की मांग करते हैं और हड़ताल तक कर देते हैं। समस्या का समाधान निकालने के लिए सीरीज में वकील एक स्थानीय व्यक्ति को लंगूर की ड्रेस पहनाने का सुझाव देते हैं। उनका तर्क होता है कि बंदर लंगूरों से डरते हैं, इसलिए बंदरों को भगाया जा सकता है। शुरुआत में जज इस आइडिया को इंसानी गरिमा के खिलाफ बताते हैं। लेकिन बाद में इस प्रस्ताव को मंजूरी मिल जाती है और शंभू को कोर्ट का MRO यानी मंकी रीपीलिंग ऑफिसर बना दिया जाता है। विदेशी मीडिया में दिल्ली के ‘मंकी मैनेजमेंट’ की चर्चा विदेशी मीडिया साउथ चाइना मॉर्निंग पोस्ट ने नो मंकी बिजनेस हेडलाइन के साथ रिपोर्ट किया है। वहीं, द ट्रिब्यून और द न्यूज मिल ने भी इसको यूनिक इंडियन सॉल्यूशन बताया है। 2012 से असली लंगूर के इस्तेमाल पर रोक पहले सरकारी और सार्वजनिक जगहों पर बंदरों को भगाने के लिए असली लंगूरों का इस्तेमाल किया जाता था। हालांकि, 2012 के बाद इस तरीके पर रोक लगा दी गई। इसके बाद लंगूर की आवाज निकालने वाले लोगों का इस्तेमाल किया जाने लगा। ऐसे मिमिक दिल्ली में पहले भी बड़े आयोजनों के दौरान काम कर चुके हैं। 2023 के G20 समिट के दौरान भी लंगूर की आवाज निकालने वाले लोगों और लंगूर के कटआउट का इस्तेमाल बंदरों को दूर रखने के लिए किया गया था। मंकी व्हिस्परर को एक असाइनमेंट के 20-25 हजार रुपए स्टेडियम में तैनात किए जा रहे इन मिमिक का काम सिर्फ आवाज निकालना नहीं है। उन्हें बंदरों की गतिविधियों पर नजर रखनी होगी। रिपोर्ट के मुताबिक, ऐसे मंकी व्हिस्परर को एक असाइनमेंट के लिए करीब 20 से 25 हजार रुपए तक मिलते हैं। जफर ने बताया कि यह काम उन्हें पीढ़ियों से मिला है और वे दिल्ली के कई बड़े सरकारी इलाकों और अन्य शहरों में भी यह काम कर चुके हैं। स्टेडियम के 16 एंट्री गेट पर डबल डोर बंदरों को रोकने के लिए सिर्फ मिमिक पर भरोसा नहीं किया गया है। स्टेडियम के सभी 16 एंट्री गेट पर ऑटोमैटिक डबल-डोर सिस्टम लगाया गया है। इसका उद्देश्य बंदरों और आवारा कुत्तों को अंदर आने से रोकना है। आयोजकों ने स्टेडियम की छत की लीकेज भी ठीक की है। पुराने भवन की कई जगहों पर मरम्मत की गई है और टॉयलेट्स को भी रिफर्बिश किया गया है। बारिश के दौरान छत की स्थिति को भी टेस्ट किया गया है। कबूतरों को भगाने के लिए अमेरिका से मशीन, नॉन-टॉक्सिक जेल जनवरी के इंडिया ओपन में बंदरों के अलावा कबूतर भी बड़ी समस्या बने थे। एक मैच के दौरान कबूतर की बीट कोर्ट पर गिरने से खेल रोकना पड़ा था। इसके बाद आयोजकों ने वर्ल्ड चैंपियनशिप से पहले कबूतरों को रोकने के लिए भी इंतजाम किए हैं। स्टेडियम की छत और डक्टिंग के आसपास अमेरिका से मंगाई गई नॉन-टॉक्सिक पिजन रिपेलेंट जेल लगाई गई है। इसके अलावा ऐसी मशीनें लगाई गई हैं जो शिकारी पक्षियों की आवाज निकालती हैं। इनका मकसद कबूतरों को स्टेडियम से दूर रखना है। करीब 20 करोड़ रुपए में स्टेडियम का रेनोवेशन वर्ल्ड चैंपियनशिप से पहले इंदिरा गांधी इंडोर स्टेडियम को बड़े स्तर पर तैयार किया गया है। स्पोर्ट्स अथॉरिटी ऑफ इंडिया (SAI) ने रेनोवेशन पर करीब 20 करोड़ रुपए खर्च किए हैं। स्टेडियम में नई और रिफर्बिश्ड कुर्सियां लगाई गई हैं। इमारत की पेंटिंग की गई है। वेंट्स को सील किया गया है और एंट्री सिस्टम को भी बदला गया है। इसके अलावा रूफ लीकेज, कोर्ट लाइटिंग और एयरफ्लो से जुड़ी समस्याओं पर भी काम किया गया है। PV सिंधु बोलीं- समाधान पर हंस सकते हैं, लेकिन कोशिश की तारीफ करनी चाहिए पीवी सिंधु ने लंगूर की आवाज निकालने वाले मिमिक के इंतजाम पर प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कहा कि समाधान सुनने में मजेदार लग सकता है, लेकिन भारत को वर्ल्ड चैंपियनशिप के लिए तैयार करने के पीछे हो रही मेहनत की तारीफ करनी चाहिए। सिंधु ने कहा कि दुनिया के सामने भारत की मेजबानी और तैयारियों को बेहतर बनाने के लिए कई लोग पर्दे के पीछे काम कर रहे हैं। उन्होंने इसे यूनिकली इंडियन समाधान बताया। 17 से 23 अगस्त तक होगी वर्ल्ड चैंपियनशिप BWF वर्ल्ड चैंपियनशिप 17 से 23 अगस्त तक नई दिल्ली के इंदिरा गांधी इंडोर स्टेडियम में खेली जाएगी। भारत 17 साल बाद इस टूर्नामेंट की मेजबानी कर रहा है। दिल्ली में बंदरों से परेशानी बढ़ी दिल्ली में आम तौर पर दिखने वाले बंदरों की संख्या और इंसानी इलाकों में उनकी मौजूदगी लंबे समय से परेशानी का कारण रही है। ये बंदर घरों, सरकारी दफ्तरों, बाजारों और सार्वजनिक जगहों के अलावा स्टेडियम जैसे इलाकों में भी पहुंच जाते हैं। इंदिरा गांधी इंडोर स्टेडियम के आसपास भी बंदरों की मौजूदगी रहती है। आयोजकों को डर है कि अगर वर्ल्ड चैंपियनशिप के दौरान कोई बंदर कोर्ट या दर्शक दीर्घा में पहुंच गया तो इंटरनेशनल इवेंट के बीच खेल रुक सकता है।
पिता के निधन से टूटे लियोनेल मेसी का बड़ा फैसला, फुटबॉल से लिया अनिश्चितकाल के लिए ब्रेक
अर्जेंटीना के स्टार फुटबॉलर लियोनेल मेसी के पिता जॉर्ज मेसी (68) का निधन हो गया है। इस दुखद खबर के बाद मेसी ने फुटबॉल से अनिश्चितकाल के लिए ब्रेक ले लिया है। वह फिलहाल अपने परिवार के साथ हैं।
आईसीसी रैंकिंग अपडेट : टी20 सीरीज हार के बावजूद पाकिस्तानी महिला खिलाड़ियों की रैंकिंग बेहतर
दुबई, आईसीसी ने ताजा महिला टी20 प्लेयर रैंकिंग जारी की है। भले ही पाकिस्तान ने हाल ही में श्रीलंका के खिलाफ टी20 सीरीज 1-2 से गंवाई, लेकिन इसके बावजूद नाशरा संधू, शवाल जुल्फिकार और तुबा हसन की रैंकिंग में शानदार सुधार हुआ है।
नामीबिया सीरीज के लिए स्क्वॉड का हुआ ऐलान, टीम को मिला नया कप्तान
साउथ अफ्रीका की टीम इस महीने के अंत में व्हाइट बॉल सीरीज के लिए नामीबिया के दौरे पर जाएगी। इस दौरे पर दोनों टीमों के बीच टी20 और वनडे सीरीज खेली जाएगी।
पाकिस्तान के वनडे कप्तान शाहीन अफरीदी ने कैप्टेंसी को लेकर बयान दिया है। एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान शाहीन से पूछा गया- क्या आपको 2027 वर्ल्ड कप तक कप्तान बनाए रखने की कन्फर्मेशन मिली है। इसपर शाहीन ने कहा- 'फिल्हाल मैं कप्तान हूं।' उनके इस बयान को बाबर आजम की टीम में वापसी की चर्चा से जोड़कर देखा जा रहा है। रिपोर्ट्स में कहा जा रहा है कि बाबर आजम को दोबारा सभी फॉर्मेट की कप्तानी दी जा सकती है। कप्तानी जारी रखने पर शाहीन का जवाब नेशनल चैंपियंस कप टीमों के कप्तानों के साथ प्रेस कॉन्फ्रेंस में शाहीन से पूछा गया कि क्या पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड ने उन्हें 2027 वर्ल्ड कप तक कप्तान बनाए रखने की पुष्टि की है। इस पर शाहीन ने कहा, “फिलहाल मैं कप्तान हूं।” शाहीन अफरीदी को अक्टूबर 2025 में मोहम्मद रिजवान की जगह पाकिस्तान का वनडे कप्तान बनाया गया था। हालांकि, पाकिस्तान की कप्तानी का ढांचा अब भी तय नहीं है और बाबर के बड़े नेतृत्व पद की दौड़ में लौटने की खबरें हैं। रिपोर्ट्स के मुताबिक, PCB बाबर को सभी फॉर्मेट का कप्तान बना सकता है। हालांकि, इस फैसले की अभी कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। वर्ल्ड कप की तैयारी पर शाहीन का फोकस कप्तानी को लेकर चल रही अनिश्चितता पर बात करने के बजाय शाहीन ने नेशनल चैंपियंस कप पर ध्यान दिया। यह टूर्नामेंट 11 से 18 अगस्त तक चलेगा और इसमें पाकिस्तान के प्रमुख घरेलू खिलाड़ी हिस्सा लेंगे। शाहीन का मानना है कि यह टूर्नामेंट वर्ल्ड कप से पहले पाकिस्तान की टीम में जरूरी विकल्प तैयार करने में मदद कर सकता है। उन्होंने कहा, “जब भी हम वर्ल्ड कप खेलने जाते हैं, तो कई खिलाड़ियों को चोट लगती है। अगर वर्ल्ड कप से पहले किसी खिलाड़ी को चोट लगती है, तो हमारे पास पहले से खिलाड़ी उपलब्ध होंगे।” शाहीन ने कहा, “इस टूर्नामेंट में मौजूद खिलाड़ियों के बीच से विकल्प तलाशना हमारे लिए आसान होगा।” उन्होंने खिलाड़ियों को उनकी पसंदीदा भूमिका में खेलने का मौका देने की जरूरत पर भी जोर दिया। शाहीन ने कहा, “यह टूर्नामेंट सभी को अपनी-अपनी जगह और भूमिका के अनुसार खेलने का मौका देगा।” फॉर्म और फिटनेस पर नजर रखेंगे चयनकर्ता शाहीन के मुताबिक, इस प्रतियोगिता में खिलाड़ियों का प्रदर्शन पाकिस्तान की वर्ल्ड कप योजना को सीधे प्रभावित कर सकता है। इस दौरान खिलाड़ियों की फॉर्म और फिटनेस पर नजर रखी जाएगी। उन्होंने कहा, “सभी खिलाड़ी अच्छा प्रदर्शन करने की कोशिश करेंगे। जैसा कि मैंने कहा, हमारा ध्यान वर्ल्ड कप पर है।” शाहीन ने आगे कहा, “व्यक्तिगत प्रदर्शन के अलावा दूसरे खिलाड़ियों के प्रदर्शन और फिटनेस का भी आकलन किया जाएगा।” वर्ल्ड कप से पहले पाकिस्तान का व्यस्त कार्यक्रम 2027 वनडे वर्ल्ड कप से पहले पाकिस्तान का कार्यक्रम व्यस्त है। टीम को त्रिकोणीय सीरीज के अलावा इंग्लैंड में पांच मैचों की सीरीज भी खेलनी है। आने वाली घरेलू प्रतियोगिता से चयनकर्ताओं को शाहीन के लिए उपलब्ध टीम की गहराई जांचने का एक और मौका मिलेगा। चोट लगने की स्थिति में संभावित विकल्पों की पहचान भी की जा सकेगी।
चंडीगढ़ ट्राई सिटी क्रिकेट ग्राउंड में आयोजित प्रथम स्वर्गीय जसविंदर सिंह गिन्नी मेमोरियल (अंडर-16 लड़के और लड़कियां) क्रिकेट टूर्नामेंट में मंगलवार को क्रिकेट बादशाह अकादमी, डेराबस्सी ने शानदार प्रदर्शन किया। टीम ने अपने लीग मैच में रवि वर्मा क्रिकेट अकादमी, चंडीगढ़ को 64 रनों से हराकर महत्वपूर्ण जीत दर्ज की।
हेनरिक क्लासेन और डेविड मिलर करेंगे डेब्यू, टी20 टूर्नामेंट के लिए टीमें तैयार
एक बार फिर से आईएलटी20 लीग की तैयारी शुरू हो गई है। इस बार टूर्नामेंट 22 नवंबर से शुरू होगा, इसके लिए तैयारियां भी जारी हैं।
दिल्ली कैपिटल्स के विकेटकीपर अभिषेक पोरेल गिरफ्तार, मेडिकल स्टूडेंट ने लगाया दुष्कर्म का आरोप
दिल्ली कैपिटल्स के बल्लेबाज अभिषेक पोरेल को एक मेडिकल छात्रा की शिकायत पर दर्ज मामले में गिरफ्तार किया गया है। मेडिकल स्टूडेंट ने शादी का झांसा देकर दुष्कर्म, मारपीट और आपराधिक धमकी देने का आरोप लगाया है।
मेंस और विमेंस हॉकी वर्ल्ड कप 15 अगस्त से नीदरलैंड्स और बेल्जियम में खेला जाएगा। 30 अगस्त तक चलने वाले 16 टीमों के टूर्नामेंट का फॉर्मेट बदला गया है। अब क्वार्टर फाइनल नहीं होंगे। भारत को पूल-D में इंग्लैंड, पाकिस्तान और वेल्स के साथ रखा गया है। हरमनप्रीत सिंह की कप्तानी वाली भारतीय टीम 15 अगस्त को वेल्स के खिलाफ अभियान शुरू करेगी। इसके बाद 17 अगस्त को इंग्लैंड और 19 अगस्त को पाकिस्तान से मुकाबला होगा। 16 टीमें 4 ग्रुप में बंटी वर्ल्ड कप में कुल 16 टीमें हिस्सा ले रही हैं। इन्हें चार पूल में बांटा गया है और हर पूल में चार-चार टीमें हैं। दूसरे स्टेज में 8 टीमें जाएंगी टूर्नामेंट के फॉर्मेट में सबसे बड़ा बदलाव क्वार्टर फाइनल को हटाना है। शुरुआती चारों पूल से टॉप-2 टीमें अगले ग्रुप स्टेज में जाएंगी। यानी कुल 8 टीमें दूसरे चरण में पहुंचेंगी। दूसरे चरण में इन टीमों को दो ग्रुप में बांटा जाएगा। इसके बाद दोनों ग्रुप की टॉप-2 टीमें सेमीफाइनल में पहुंचेंगी। इस तरह सीधे दूसरे ग्रुप स्टेज से सेमीफाइनल का रास्ता खुलेगा। भारत के लिए शुरुआती मैच बेहद अहम नए फॉर्मेट में ग्रुप स्टेज का महत्व बढ़ गया है। भारत को अपने पूल में इंग्लैंड और पाकिस्तान जैसी मजबूत टीमों का सामना करना है। दूसरे चरण में पहुंचने के बाद शुरुआती ग्रुप के आपसी मुकाबलों का असर भी आगे पड़ेगा। भारतीय टीम के कोच क्रेग फुल्टन ने भी शुरुआती पूल मैचों को बेहद महत्वपूर्ण बताया है। उनके मुताबिक, टॉप-2 में पहुंचना जरूरी है और आगे जाने वाली टीमों के बीच हुए मैच का नतीजा अगले चरण में भी अहम भूमिका निभाएगा। 15 अगस्त से शुरू, 30 को फाइनल वर्ल्ड कप 15 अगस्त से शुरू होगा और फाइनल 30 अगस्त को खेला जाएगा। सेमीफाइनल 28 और 29 अगस्त को होंगे। ब्रॉन्ज मेडल मैच 30 अगस्त को शाम 5:30 बजे और फाइनल रात 8 बजे खेला जाएगा। 1975 में हॉकी वर्ल्ड कप जीता भारतीय पुरुष हॉकी टीम ने 1971 में शुरू हुए पहले हॉकी वर्ल्ड कप से ही इस टूर्नामेंट में खेलना शुरू कर दिया था। टीम ने अब तक 15 बार टूर्नामेंट में भाग लिया और केवल एक बार वर्ल्ड कप जीता है। भारत ने 1975 में कुआलालंपुर, मलेशिया में खेले गए वर्ल्ड कप के फाइनल में पाकिस्तान को हराकर यह खिताब अपने नाम किया था। महिला वर्ल्ड कप भी इसी दौरान महिला हॉकी वर्ल्ड कप भी 15 अगस्त से नीदरलैंड्स और बेल्जियम में खेला जाएगा। इसमें भी 16 टीमें और चार पूल होंगे। भारतीय महिला टीम को पूल-D में चीन, इंग्लैंड और साउथ अफ्रीका के साथ रखा गया है। भारत महिला टीम 16 अगस्त को चीन के खिलाफ अपना पहला मैच खेलेगी। इसके बाद 18 अगस्त को साउथ अफ्रीका और 20 अगस्त को इंग्लैंड से मुकाबला होगा। महिला वर्ल्ड कप का फाइनल 29 अगस्त को शाम 7:30 बजे खेला जाएगा। भारतीय महिला हॉकी टीम अब तक नहीं जीत सकी भारतीय महिला हॉकी टीम ने अब तक कुल 9 बार (2026 वर्ल्ड कप सहित) वर्ल्ड कप में भाग लिया है। महिला टीम ने 1974 में अपने पहले वर्ल्ड कप में हिस्सा लिया था, लेकिन अब तक वे एक भी बार खिताब नहीं जीत सकी हैं। -------------------------हॉकी से जुड़ी यह खबर भी पढ़ें… जर्सी विवाद; अब हॉकी इंडिया अध्यक्ष बोले-बिना बताए कलर बदला, दो दिन पहले कहा था- मैदान और जर्सी के नीले रंग से खिलाड़ियों को परेशानी भारतीय हॉकी टीम की जर्सी का रंग नीला से नारंगी किए जाने पर विवाद गहरा गया है। अब हॉकी इंडिया के अध्यक्ष दिलीप टिर्की ने जर्सी का रंग बदलने पर फेडरेशन के अधिकारियों से लिखित जवाब मांगा है। पढ़ें पूरी खबर…
फीफा अध्यक्ष पद से जियानी इन्फेंटिनो को हटाना बड़ी गलती होगी: डोनाल्ड ट्रंप
अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा है कि अगर फुटबॉल की वर्ल्ड गवर्निंग बॉडी फीफा अध्यक्ष जियानी इन्फेंटिनो के खिलाफ उठ रहे विरोध के स्वर के बीच उन्हें पद से हटाती है, तो यह एक बड़ी गलती होगी।
IPL में दिल्ली कैपिटल्स के लिए खेलने वाले बंगाल के क्रिकेटर अभिषेक पोरेल को रेप केस में गिरफ्तार कर लिया गया। गिरफ्तारी मंगलवार को कोलकाता में हुई। यह मामला एक मेडिकल छात्रा की शिकायत पर दर्ज हुआ था, जिसमें पोरेल पर रेप, आपराधिक धमकी और अन्य आरोप लगाए गए हैं। पीड़ित ने जून में शिकायत दर्ज कराई थी। 23 साल के अभिषेक विकेटकीपर बैटर हैं। वे बंगाल के लिए 116 और IPL टीम दिल्ली कैपिटल्स के लिए 35 मैच खेल चुके हैं। दिल्ली ने उन्हें 4 करोड़ रुपए में रीटेन किया था। कलकत्ता हाईकोर्ट ने गिरफ्तारी का आदेश दिया मामला कलकत्ता हाईकोर्ट में चल रहा था। कोर्ट ने 20 जुलाई को गिरफ्तारी का आदेश दिया था। साथ ही आरोपी के इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस जब्त करने के आदेश भी दिए गए थे। अभिषेक सभी आरोपों से इनकार करते आए हैं। महिला ने तीन साल से संबंध होने का दावा किया शिकायत के मुताबिक, महिला ने कहा कि वह और अभिषेक पिछले तीन साल से रिश्ते में थे। पिछले साल दोनों के बीच मतभेद शुरू हुए, जिसके बाद क्रिकेटर कथित तौर पर उससे दूरी बनाने लगा। महिला ने आगे आरोप लगाया कि अभिषेक ने उससे शादी करने का वादा किया था, लेकिन अब वह शादी के लिए तैयार नहीं है। शिकायत में उसने कहा कि अभिषेक ने शादी का वादा करके उसके साथ शारीरिक संबंध बनाए। महिला ने अभिषेक पर मारपीट और आपराधिक धमकी देने का आरोप भी लगाया है। 2023 से दिल्ली कैपिटल्स का हिस्सा हैं बाएं हाथ के टॉप ऑर्डर बल्लेबाज अभिषेक पोरेल 2023 से IPL में दिल्ली कैपिटल्स के लिए खेल रहे हैं। पिछले सीजन में उन्होंने दिल्ली कैपिटल्स के लिए चार पारियों में 108 रन बनाए थे। अभिषेक इससे पहले इंडिया A टीम के साथ इंग्लैंड और ऑस्ट्रेलिया का दौरा कर चुके हैं। उन्होंने 2021-22 सीजन में बंगाल के लिए फर्स्ट क्लास डेब्यू किया था। उन्होंने अब तक 32 फर्स्ट क्लास और 23 लिस्ट A मैच खेले हैं। क्रिकेटर ने आरोपों को झूठा बताया था क्रिकेटर अभिषेक पोरेल इन आरोपों को खारिज कर चुके हैं। उन्होंने कहा था कि अगर उनके खिलाफ कोई शिकायत दर्ज की गई है, तो आरोप पूरी तरह से झूठे हैं। यह मामला मोगरा पुलिस स्टेशन में 23 जून 2026 को दर्ज किया गया था। --------------------------------- स्पोर्ट्स की यह खबर भी पढ़ें… वैभव सूर्यवंशी बॉल छोड़ने और डिफेंस की प्रैक्टिस कर रहे:राजस्थान रॉयल्स कैंप में दलीप ट्रॉफी की ट्रेनिंग की वैभव सूर्यवंशी ने दलीप ट्रॉफी की तैयारी शुरू कर दी है। वे राजस्थान रॉयल्स के कैंप में रेड-बॉल क्रिकेट की प्रैक्टिस कर रहे हैं। मंगलवार को उन्होंने ट्रेनिंग का वीडियो शेयर किया। इसमें वे बॉल छोड़ने और डिफेंस की प्रैक्टिस करते नजर आए। साथ ही अटैकिंग शॉट्स पर भी काम किया। पोस्ट के कैप्शन में उन्होंने सिर्फ प्रिपरेशन लिखा। पूरी खबर…
अगस्त 2025 में डायमंड लीग जीतने वाली निकोला ओलिस्लेगर्स की बात सच साबित हुई कि ऑस्ट्रेलियाई एथलेटिक्स का सर्वश्रेष्ठ आना बाकी है। पेरिस ओलिंपिक 2024 में 7 मेडल जीतने के बाद अब 2026 ग्लासगो कॉमनवेल्थ गेम्स में भी ऑस्ट्रेलिया का दबदबा रहा। एथलेटिक्स में लगातार तीसरी बार टॉप करते हुए उसने 12 गोल्ड समेत कुल 34 मेडल जीते। एक दिन में रिकॉर्ड 7 गोल्ड आए। विमंस माइल में क्लीन स्वीप; रोज डेविस का 5,000 व 10,000 मीटर में ऐतिहासिक गोल्ड; कर्टिस मार्शल की पोल वॉल्ट में हैट्रिक और मैथ्यू डेनी का डिस्कस थ्रो खिताब प्रमुख रहे। 100 मीटर में सिल्वर जीतने वाले लाचलान कैनेडी और 200 मीटर इतिहास के सबसे तेज टीनएजर (19.67 सेकंड) गाउट गाउट जैसे युवाओं ने कमाल किया। अनुभवी और युवा टैलेंट का यह शानदार प्रदर्शन साबित करता है कि ऑस्ट्रेलियाई एथलेटिक्स अपने स्वर्णिम युग में पहुंच चुका है। 1. एक खेल का बंधन नहीं, इससे विकल्प भरपूर क्रिकेट, रग्बी और स्विमिंग के लिए मशहूर ऑस्ट्रेलिया एथलेटिक्स में इतना सफल कैसे हुआ? इसकी एक बड़ी वजह है- बच्चों को कम उम्र में किसी एक खेल तक सीमित न करना है। 200 मीटर धावक एडेन मर्फी ने सॉकर, वॉटर पोलो और बीएमएक्स जैसे खेल खेले और 14-15 साल की उम्र में एथलेटिक्स चुना। इससे बच्चों पर कम उम्र में प्रदर्शन का दबाव नहीं पड़ता। लाचलान कैनेडी ने रग्बी, स्टुअर्ट मैकस्वेन ने क्रिकेट-टेनिस और जेस हल ने सॉकर से शुरुआत की थी। बाद में इन खिलाड़ियों ने एथलेटिक्स को अपना करियर बनाया। 2. लिटिल एथलेटिक्स - दौड़ने-कूदने की भी ट्रेनिंग ‘लिटिल एथलेटिक्स’ प्रोग्राम उसकी सफलता की नींव है। 1960 के दशक में शुरू हुआ यह ग्रासरूट प्रोग्राम सितंबर से अप्रैल तक गर्मियों में चलता है। इसमें बच्चों को दौड़ने, कूदने और थ्रो की बुनियादी स्किल्स सिखाई जाती हैं। ओलिस्लेगर्स और नीना कैनेडी जैसे चैम्पियंस ने भी इसी प्रोग्राम से शुरुआत की। युवा एथलीट्स को भी जल्द सीनियर लेवल पर धकेलने के बजाय लंबे करियर के लिए तैयार किया जा रहा है। इसका असर स्प्रिंट्स में भी दिखा है। ऑस्ट्रेलिया ने ओलिंपिक चैम्पियन कनाडा को हराकर 4x100 मीटर रिले का कॉमनवेल्थ गोल्ड जीता। 3. यूरोप में ट्रेनिंग सेंटर, अमेरिका में भी प्रतिस्पर्धा मजबूत घरेलू सिस्टम के साथ ऑस्ट्रेलिया एथलीट्स को इंटरनेशनल एक्सपोजर भी दे रहा है। उत्तरी इटली में उसका यूरोपियन ट्रेनिंग सेंटर है, जो मई से सितंबर तक यूरोपियन सर्किट में हिस्सा लेने वाले एथलीट्स के लिए दूसरे घर की तरह काम करता है। इसके अलावा हाल के वर्षों में कई ऑस्ट्रेलियाई एथलीट्स ने अमेरिकी कॉलेज सिस्टम का रुख किया है। ओली होरे, जेस हल और एडम स्पेंसर इसके उदाहरण हैं। अमेरिका में उन्हें लगातार हाई लेवल कॉम्पिटिशन मिला, जिससे वे ग्लोबल एथलीट्स के तौर पर विकसित हुए। 4. कॉमनवेल्थ को लेकर गंभीर, ओलिंपिक पर नजर ऑस्ट्रेलिया कॉमनवेल्थ गेम्स को ओलिंपिक चक्र के बीच अहम पड़ाव मानता है। इस बार सभी खेलों में 68 गोल्ड जीतकर ओवरऑल दबदबा बनाया। एथलेटिक्स ऑस्ट्रेलिया की नजर अब ब्रिस्बेन 2032 ओलिंपिक पर है। पेरिस ओलिंपिक के बाद एथलेटिक्स में फंडिंग बढ़ाई गई है। नया मंत्र है- ‘जीतने के बाद भी जीतते रहना।’ मजबूत ग्रासरूट सिस्टम, बेहतर कोचिंग, विदेशी ट्रेनिंग और प्रतिभाओं की बड़ी फौज ने ऑस्ट्रेलिया को एथलेटिक्स के टॉप देशों में पहुंचा दिया है। अब उसका लक्ष्य इस दबदबे को ब्रिस्बेन ओलिंपिक तक कायम रखना है।
वैभव सूर्यवंशी ने डोमेस्टिक रेड-बॉल टूर्नामेंट दलीप ट्रॉफी की तैयारी शुरू कर दी है। वे अपनी IPL टीम राजस्थान रॉयल्स के कैंप में ट्रेनिंग कर रहे हैं। मंगलवार को वैभव ने इंस्टाग्राम पर प्रैक्टिस का वीडियो शेयर किया। वीडियो में वे बॉल छोड़ने और डिफेंस की प्रैक्टिस करते नजर आए। इसके साथ उन्होंने अटैकिंग शॉट्स पर भी काम किया। पोस्ट के कैप्शन में उन्होंने सिर्फ प्रिपरेशन लिखा। 15 साल की उम्र में इंटरनेशनल क्रिकेट में डेब्यू करने वाले वैभव 23 अगस्त से शुरू होने वाली दलीप ट्रॉफी में ईस्ट जोन की ओर से खेलेंगे। उन्हें टीम का वाइस-कैप्टन बनाया गया है। विकेटकीपर-बल्लेबाज ईशान किशन टीम की कप्तानी करेंगे। नागपूर में ट्रेनिंग कर रहे जिम्बाब्वे के खिलाफ टी-20 सीरीज खत्म होने के बाद वैभव ने तेजी से अपना फोकस रेड-बॉल क्रिकेट पर शिफ्ट किया है। क्रिकबज की रिपोर्ट के मुताबिक, वे फिलहाल नागपुर में राजस्थान रॉयल्स के परफॉर्मेंस सेंटर में ट्रेनिंग कर रहे हैं। राजस्थान रॉयल्स ने अपने खिलाड़ियों के लिए 10 दिन का ट्रेनिंग कैंप लगाया है। इस कैंप में वैभव के अलावा तुषार देशपांडे, संदीप शर्मा, शुभम दुबे, रवि सिंह और सुशांत मिश्रा भी शामिल हैं। इनमें वैभव और तुषार देशपांडे दलीप ट्रॉफी में खेलेंगे। तुषार वेस्ट जोन की टीम का हिस्सा होंगे। ईस्ट जोन की पूरी टीम ईशान किशन (कप्तान), वैभव सूर्यवंशी (उपकप्तान), अभिमन्यु ईश्वरन, सुदीप घरामी, मोहम्मद शमी, मुकेश कुमार, शाहबाज अहमद, सूरज जायसवाल, विराट सिंह, कुमार कुशाग्र, शिखर मोहन, सुब्रांशु सेनापति, अभिजीत सरकार, अनुकूल रॉय और डेनिश दास। जिम्बाब्वे दौरे पर 151 रन बनाए, प्लेयर ऑफ द सीरीज रहे वैभव का हालिया जिम्बाब्वे दौरा शानदार रहा। उन्होंने टी-20 सीरीज की 3 पारियों में 151 रन बनाए। उनका औसत 50.33 और स्ट्राइक रेट 196.10 रहा। उन्होंने 2 अर्धशतक लगाए। उनकी सबसे बड़ी पारी 81 रन की रही। वैभव ने 15 साल 121 दिन की उम्र में प्लेयर ऑफ द सीरीज का अवॉर्ड जीतकर रिकॉर्ड बनाया। वे इस उपलब्धि को हासिल करने वाले सबसे कम उम्र के खिलाड़ी बने। भारत के लिए 6 टी-20 में 193 रन वैभव अब तक भारत के लिए 6 टी-20 इंटरनेशनल खेल चुके हैं। इनमें उन्होंने 193 रन बनाए हैं। उनका औसत 32.16 और स्ट्राइक रेट 189.21 है। उनके नाम दो अर्धशतक हैं। इंग्लैंड दौरा उनके लिए जिम्बाब्वे की तुलना में मुश्किल रहा था। उन्होंने वहां तीन पारियां खेलीं, लेकिन एक बार भी 20 रन का आंकड़ा पार नहीं कर सके। भारत ने यह सीरीज 4-1 से गंवाई थी। 15 साल 99 दिन की उम्र में डेब्यू, सचिन-शेफाली का रिकॉर्ड तोड़ा वैभव सूर्यवंशी ने इंग्लैंड के खिलाफ मैनचेस्टर में खेले गए दूसरे टी-20 इंटरनेशनल में 15 साल 99 दिन की उम्र में डेब्यू किया। इसके साथ ही वे भारत के लिए इंटरनेशनल क्रिकेट खेलने वाले सबसे कम उम्र के क्रिकेटर बन गए। वैभव ने पुरुष क्रिकेट में सचिन तेंदुलकर और महिला क्रिकेट में शेफाली वर्मा का रिकॉर्ड पीछे छोड़ा। सचिन ने भारत के लिए टेस्ट डेब्यू 16 साल 205 दिन की उम्र में किया था, जबकि शेफाली ने 15 साल 239 दिन की उम्र में इंटरनेशनल क्रिकेट में कदम रखा था। IPL 2026 में 776 रन, 5 बड़े अवॉर्ड जीते वैभव ने IPL 2026 में राजस्थान रॉयल्स के लिए शानदार प्रदर्शन किया था। उन्होंने 16 मैचों में 776 रन बनाए। उनका स्ट्राइक रेट 237.31 रहा। इस प्रदर्शन के लिए उन्हें ऑरेंज कैप मिली। इसके अलावा उन्होंने मोस्ट वैल्यूएबल प्लेयर, इमर्जिंग प्लेयर, सुपर स्ट्राइकर और सुपर सिक्सेज के अवॉर्ड भी जीते। अंडर-19 वर्ल्ड कप में 439 रन, प्लेयर ऑफ द टूर्नामेंट IPL से पहले भी वैभव सूर्यवंशी ने अंडर-19 वर्ल्ड कप में शानदार प्रदर्शन किया था। उन्होंने टूर्नामेंट में 439 रन बनाए और उन्हें प्लेयर ऑफ द टूर्नामेंट चुना गया। वर्ल्ड कप फाइनल में भी वैभव ने रिकॉर्ड बना दिया। उन्होंने इंग्लैंड के खिलाफ 175 रन की पारी खेली और अंडर-19 वर्ल्ड कप फाइनल में सबसे ज्यादा रन बनाने वाले बल्लेबाज बन गए। इससे पहले यह रिकॉर्ड भारत के उन्मुक्त चंद के नाम था, जिन्होंने 2012 में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ नाबाद 111 रन बनाए थे। --------------------स्पोर्ट्स से जुड़ी ये खबरें भी पढ़िए…क्यों वर्ल्डकप के लिए क्वालिफाई नहीं कर पा रही वेस्टइंडीज, जानिए 5 कारण 2 बार की वर्ल्ड चैंपियन वेस्टइंडीज वनडे वर्ल्डकप 2027 के लिए सीधे क्वालिफाई नहीं कर सकी है। सोमवार को अफगानिस्तान की टीम से उसका क्वालिफायर खेलना तय हो गया है। टीम ICC वनडे रैंकिंग में नंबर-10 पर है। उसे कट ऑफ डेट से पहले इंडिया के खिलाफ दो मैच खेलने हैं। लेकिन इन्हें जीतकर भी टीम टॉप-8 में नहीं आ सकेगी। पढ़ें पूरी खबर 2027 वनडे वर्ल्डकप के फॉर्मेट पर स्कॉटलैंड-नीदरलैंड्स नाराज; ICC पर अपमान का आरोप 2027 वनडे वर्ल्ड कप के नए फॉर्मेट को लेकर ICC और एसोसिएट देशों के बीच विवाद शुरू हो गया है। स्कॉटलैंड और नीदरलैंड्स के क्रिकेट बोर्ड ने टूर्नामेंट के नए फॉर्मट पर आपत्ति जताई है। दोनों बोर्ड ने ICC पर फैसले लेने की प्रक्रिया में पारदर्शिता नहीं रखने का आरोप लगाया है। पढ़ें पूरी खबर
Harmanpreet Singh विश्व कप में भारत के ट्रंपकार्ड होंगे, पूर्व दिग्गज Jugraj Singh का बयान
(मोना पार्थसारथी)नयी दिल्ली, 11 अगस्त भारत के महानतम ड्रैग फ्लिकरों में शुमार जुगराज सिंह के सुनहरे सफर पर 2003 में एक कार दुर्घटना ने विराम लगा दिया था लेकिन उन्हें हरमनप्रीत सिंह में अपना अक्स नजर आता है और उनका मानना है कि भारतीय कप्तान इस सप्ताह शुरू हो रहे विश्व कप में टीम के ‘ट्रंपकार्ड’ साबित होंगे। जुगराज ने को दिये इंटरव्यू में कहा ,‘‘ इस समय विश्व के शीर्ष तीन ड्रैग फ्लिकर में से एक हरमनप्रीत हैं। वह तोक्यो ओलंपिक के समय से ही शानदार खेल रहा है। टीम की जरूरत के समय लगातार अच्छा प्रदर्शन करने वाला खिलाड़ी ही ‘ट्रंपकार्ड’ होता है और मुझे लगता है कि वह हरमनप्रीत होगा। उसकी फिटनेस भी अच्छी है।’’होबर्ट में 2001 जूनियर विश्व कप में भारत की खिताबी जीत के नायक रहे जुगराज उस दौर में पाकिस्तान के सोहेल अब्बास और जर्मनी के फ्लोरियन कुंज की टक्कर के ड्रैग फ्लिकर माने जाते थे। लेकिन जालंधर के पास 2003 में हुई कार दुर्घटना ने उनके सफर पर विराम लगा दिया था। हरमनप्रीत की ही तरह सुरजीत हॉकी अकादमी से ही निकले जुगराज ने कहा ,‘‘उसका स्टाइल हूबहू मेरे जैसा है। उसका खेलने का तरीका और आक्रामकता मुझे अपनी याद दिलाता है। उसमे मुझे अपना अक्स नजर आता है। मैं बोलता भी हूं कि खेल तू रहा होता है और मुझे लगता है कि मैं मैदान पर हूं।’’उन्होंने बताया कि हर टूर्नामेंट या शिविर के बाद हरमनप्रीत से उनकी बात या मुलाकात होती है और वे उसके खेल को बारीकी से देखकर सलाह भी देते हैं। उन्होंने कहा ,‘‘ हम बाहर से बैठकर उसकी बहुत सारी चीजें नोट कर सकते हैं और उसे मार्गदर्शन दे सकते हैं। निश्चित तौर पर कोचिंग स्टाफ भी यह कर रहा होगा लेकिन मैने हरमन के साथ काफी लंबा समय काम किया है।’’गुरदासपुर में पुलिस अधीक्षक के तौर पर तैनात 43 वर्ष के इस पूर्व खिलाड़ी ने कहा ,‘‘जब हम टीवी पर स्लो मोशन में देखते हैं तो रशर और गोलकीपर की मूवमेंट नजर आ जाती है। अगर ये सारी चीजें खिलाड़ी के साथ साझा करते हैं तो उसे फायदा मिलता है। वह हमेशा कहता भी है जो भी आपको कमी नजर आती है , मुझे बताया करो।’’उन्होंने कहा ,‘‘ यह भी उसकी खासियत है कि वह हमेशा सीखने को लालायित रहता है और मार्गदर्शन लेना चाहता है। ओलंपिक के दो पदक, उसकी कप्तानी में एक पदक जीतने के बाद भी उसके पैर जमीन पर हैं। उसके पास जो कौशल है, ऐसा खिलाड़ी बरसों में एक बार आता है।’जुगराज ने यह भी कहा कि सिर्फ ड्रैग फ्लिकर होना काफी नहीं है बल्कि आज की हॉकी में लगातार कुछ नया करते रहना और मैदान पर समग्र प्रदर्शन मायने रखता है। उन्होंने कहा ,‘‘आज की हॉकी में सिर्फ एक ड्रैग फ्लिकर होना अहम नहीं है। आपका कौशल, गोल करने में आप कितनी सहायता कर पा रहे हैं और बाकी खिलाड़ियों से तालमेल कैसा है , यह अहम है। हॉकी टीम का खेल है तो साथी खिलाड़ी भी उसका पूरा साथ देते हैं। टीम की बांडिंग इस बार जबर्दस्त दिख रही है।’’उन्होंने कहा ,‘‘ हॉकी में आधुनिक तकनीक इतनी आ गई है कि मार्गदर्शन बहुत जरूरी है। हर टीम का ध्यान हरमन पर रहेगा और उसके खेल का पूरा वीडियो विश्लेषण किया होगा। ऐसे में उसे कुछ नया करना होगा ताकि विरोधी टीमों को हैरान कर सके।’’यह पूछने पर कि विश्व कप के लिये क्या टिप्स दिये हैं, जुगराज ने कहा कि पुशर, स्टॉपर और फ्लिकर के तालमेल से ही गोल बनता है और इसी पर फोकस करने की जरूरत है। उन्होंने कहा ,‘‘ मैं तो हमेशा टिप्स देता रहता हूं। फ्लिकर के लिये बॉल पुशर सबसे अहम है। उसने अच्छा गेंद डाल दिया और स्टॉपर ने सही परफॉर्म कर दिया तो गोल को कोई नहीं रोक सकता। तीनों का अच्छा प्लान होना चाहिये। इसके अलावा दूसरे फ्लिकर्स की भी भूमिका अहम होगी क्योंकि सरप्राइज एलिमेंट भी जरूरी है।’’जुगराज को यकीन है कि यह टीम 51 साल बाद विश्व कप में पोडियम पर रहने में सक्षम है। उन्होंने कहा ,‘‘मेरी हरमन से यही बात हुई थी कि तुमने हमें ओलंपिक का पदक दिला दिया, राष्ट्रमंडल, एशियाड , एशिया कप सारे पदक हैं। सिर्फ विश्व कप का पदक नहीं है और हम यही उम्मीद करते हैं कि इस बार यह कमी पूरी हो जायेगी। इस टीम की तैयारी अच्छी है और बांडिंग दिख रही है लिहाजा यह टीम पूरी तरह से सक्षम है कि 50 साल का इंतजार खत्म कर दे।
राज्य स्तरीय ताइक्वांडो प्रतियोगिता में राजवंश पब्लिक स्कूल की सान्वी ने जीता रजत पदक
5वीं राज्य स्तरीय ताइक्वांडो प्रतियोगिता 2026 में राजवंश पब्लिक स्कूल की नन्हीं खिलाड़ी सान्वी ने शानदार प्रदर्शन करते हुए रजत पदक अपने नाम किया।....
World Cup 2027: अफगानिस्तान क्रिकेट टीम ने विश्व कप 2027 के लिया किया सीधे क्वालीफाई
इंटरनेट डेस्क। अफगानिस्तान क्रिकेट टीम ने आयरलैंड को तीसरे वनडे में हराकर विश्व कप 2027 के लिए सीधे क्वालीफाई कर लिया है। अफगानी टीम को अब क्वालीफायर मुकाबले नहीं खेलने होंगे। दूसरी तरफ वेस्टइंडीज की टीम विश्व कप के लिए सीधे क्वालीफाई नहीं कर पाएगी। दो बार की विश्व विजेता टीम के लिए लगातार तीसरी बार होगा, जब वे क्वालीफायर में हिस्सा लेंगे। अफगानी टीम के लिए आयरलैंड का ये दौरा काफी अहम था। अगर उन्हें रैंकिंग के आधार पर वर्ल्ड कप 2027 के लिए सीधे क्वालीफाई करना था, तो सीरीज के दो मैच कम से कम जीतने थे। पहला मैच बारिश की वजह से रद हो गया था, जिसके बाद दूसरा और तीसरा मुकाबला जीतकर अफगानी टीम ने सीरीज में 2-0 की बढ़त बना ली है। अफगानी टीम ने आयरलैंड को तीसरे वनडे मैच में 3 विकेट से हराया है। इसी के साथ उन्होंने विश्व कप के लिए क्वालीफाई कर लिया है। दरअसल, आईसीसी ने रैंकिंग के आधार पर कटऑफ टाइम 31 सितंबर 2026 तय किया है। उस समय तक आईसीसी की वनडे रैंकिंग की 8 टीमें सीधे विश्व कप के लिए क्वालीफाई करेंगी। pc- navbharat
PC: navarashtra दो साल तक टीम इंडिया से बाहर रहने के बाद सरफराज खान की वापसी की कहानी किसी फिल्म की स्क्रिप्ट से कम नहीं है। लोगों को लग सकता है कि रणजी ट्रॉफी में उनकी डबल सेंचुरी और 15-17 kg वज़न कम करने से उन्हें श्रीलंका दौरे पर जगह मिली। लेकिन तस्वीर उतनी साफ़ नहीं है, जितनी दिख रही है। सरफराज खान को श्रीलंका पहुंचने तक भी इंडियन टीम में शामिल नहीं किया गया था। तो आखिर हुआ क्या था और सरफराज खान का सिलेक्शन कैसे हुआ? पिछले दो साल से टीम से बाहर रहने के बाद भी सरफराज का नाम कैसे आगे आया? आइए आज इस आर्टिकल में इसकी इनसाइड स्टोरी जानते हैं। सरफराज खान का दो खिलाड़ियों से कॉम्पिटिशन दरअसल, सरफराज खान की टीम इंडिया में वापसी सिर्फ उनकी मेहनत पर ही नहीं, बल्कि किस्मत पर भी डिपेंड करती थी। आखिर में, इस दाएं हाथ के बैट्समैन की किस्मत ने उनका साथ दिया। जब साई सुदर्शन तय समय में दाएं पैर की उंगली की चोट से उबर नहीं पाए, तो सिलेक्शन कमिटी के पास उनकी जगह भरने के लिए तीन ऑप्शन थे। मौजूदा टीम में कप्तान शुभमन गिल और ऋषभ पंत के अलावा ऋतुराज गायकवाड़, शेख राशिद और सरफराज खान स्पिन गेंदबाजों के खिलाफ खेलने में सबसे माहिर हैं। हालांकि, सरफराज खान को टीम में शामिल किया गया है। क्या जुरेल की कमजोरी सरफराज की वापसी का एक कारण है? ध्रुव जुरेल हाल के दिनों में स्पिन गेंदबाजों के खिलाफ अच्छा प्रदर्शन नहीं कर रहे हैं, इसलिए यह पक्का नहीं है कि उत्तर प्रदेश के इस विकेटकीपर-बल्लेबाज को 15 अगस्त से गॉल में शुरू होने वाले पहले टेस्ट में सिर्फ बल्लेबाज के तौर पर मौका दिया जाएगा या नहीं। जुरेल पिछले महीने इंडिया 'A' टीम के कप्तान के तौर पर श्रीलंका दौरे पर गए थे और उन्होंने दो 'A' टेस्ट मैचों में एक सेंचुरी और एक हाफ सेंचुरी बनाई थी। क्या सरफराज प्लेइंग XI में जगह बना पाएंगे? रविवार को खत्म हुए वार्म-अप मैच में ऑफ-स्पिनरों के खिलाफ उनकी कमजोरी एक बार फिर सामने आई। इसलिए, सरफराज पहले टेस्ट के लिए प्लेइंग XI में जगह बना सकते हैं, क्योंकि उनके पास कन्वेंशनल और रिवर्स स्वीप समेत कई तरह के स्ट्रोक हैं। उनका प्रदर्शन अच्छा रहा है। इसलिए, फैंस अब उम्मीद करते हैं कि भारतीय टीम और कप्तान सरफराज का सही इस्तेमाल करेंगे और उन्हें खिलाएंगे। भारत टेस्ट टीम: शुभमन गिल (कप्तान), केएल राहुल, यशस्वी जायसवाल, ऋषभ पंत (विकेट-कीपर), ध्रुव जुरेल (विकेट-कीपर), रवींद्र जडेजा, कुलदीप यादव, मानव सुथार, मोहम्मद सिराज, प्रसिद्ध कृष्णा, गुरनूर बराड़, देवदत्त पडिक्कल, सारांश जैन, आकिब नबी और सरफराज खान
आशुतोष शर्मा को लगा तगड़ा झटका, चोट के कारण इंग्लैंड में वन-डे कप मैच से हुए बाहर
आशुतोष शर्मा चोटिल हो गए हैं। इससे इंग्लैंड में उनके अभियान को तगड़ा झटका लगा है। आशुतोष अब हैम्पशायर के लिए 11 अगस्त को डर्बीशायर के खिलाफ मुकाबला नहीं खेल पाएंगे।
PC: navarashtra टीम इंडिया इस समय श्रीलंका में दो मैचों की टेस्ट सीरीज़ पर है। टेस्ट सीरीज़ का पहला मैच 15 अगस्त को गॉल में खेला जाएगा। इस सीरीज़ में शुभमन गिल टीम इंडिया की कप्तानी करेंगे। कप्तान गिल के लिए इस सीरीज़ में एक नई चुनौती होगी। यह श्रीलंका में उनका पहला टेस्ट मैच होगा। उन्होंने इससे पहले श्रीलंका के खिलाफ एक भी टेस्ट मैच नहीं खेला है। श्रीलंका सीरीज़ से पहले, हम आपको कप्तान के तौर पर शुभमन गिल के प्रदर्शन के बारे में बताएंगे। टेस्ट मैचों में कप्तान के तौर पर शुभमन गिल का प्रदर्शन कैसा है? शुभमन गिल ने अब तक कुल नौ टेस्ट मैचों में कप्तानी की है। इस दौरान टीम इंडिया ने पांच मैच जीते हैं और तीन हारे हैं। एक मैच ड्रॉ रहा। टीम इंडिया ने अपना आखिरी टेस्ट मैच इसी साल जून में अफगानिस्तान के खिलाफ खेला था। उस मैच में टीम इंडिया ने एक पारी और 300 रन से जीत हासिल की थी। गिल ने पिछले साल इंग्लैंड दौरे पर टीम इंडिया की कप्तानी संभाली थी। बल्लेबाजी का प्रदर्शन भी शानदार रहा है कप्तान के तौर पर शुभमन गिल का बल्लेबाजी प्रदर्शन असाधारण रहा है। उन्होंने अब तक नौ टेस्ट मैच खेले हैं, जिसमें 15 पारियों में 82.76 की औसत से 1076 रन बनाए हैं। उन्होंने छह शतक और एक अर्धशतक बनाया है। कुल मिलाकर, उन्होंने 41 टेस्ट मैच खेले हैं और 44.31 की औसत से 2969 रन बनाए हैं। गिल ने 11 शतक और आठ अर्धशतक बनाए हैं। उनका उच्चतम टेस्ट स्कोर 269 है। शुभमन गिल प्रैक्टिस मैच से पहले चोटिल हो गए थे श्रीलंका सीरीज की बात करें तो, शुभमन गिल प्रैक्टिस मैच से पहले अपनी उंगली में चोट लगा बैठे थे। इस चोट के कारण, वह प्रैक्टिस मैच के पहले दिन मैदान से गायब थे और पहली पारी में बल्लेबाजी करने नहीं उतरे थे। गिल भारत की दूसरी पारी में बल्लेबाजी करने उतरे और 54 गेंदों में 44 रन बनाए। उन्होंने अपनी पारी में सात चौके लगाए। इस प्रैक्टिस मैच में, टीम इंडिया ने श्रीलंका XI को छह विकेट से हराया।
किस चैनल पर आएंगे भारत बनाम श्रीलंका टेस्ट मैच, जियो हॉट स्टार को तो भूल जाइए
भारत बनाम श्रीलंका टेस्ट सीरीज का पहला मुकाबला 15 अगस्त से गॉल में शुरू होगा। इ सीरीज के मैच आप स्टार स्पोर्ट्स और जियो हॉट स्टार पर नहीं देख पाएंगे। तो मैच का लाइव प्रसारण और स्ट्रीमिंग कहां होगी, ये अभी से जान लीजिए।
Nepal team: कभी रेप का आरोप लगा था इस खिलाड़ी पर, आज बना वनडे टीम का कप्तान
इंटरनेट डेस्क। नेपाल क्रिकेट में बड़ा परिवर्तन देखने को मिला है। सोमवार को क्रिकेट बोर्ड ने एसीसी प्रीमियर लीग के लिए 14 सदस्यीय टीम का एलान किया, जिसमें सबसे बड़ा बदलाव कप्तान के रूप में हुआ। 26 साल के स्पिनर संदीप लामिछाने को वनडे टीम का नया कप्तान बना दिया गया। उन्होंने रोहित पौडेल को रिप्लेस किया। बता दें कि रोहित 2022 से फॉर्मेट में टीम की कमान संभाल रहे थे। यह वही संदीप लामिछाने हैं, जिन पर कभी रेप का आरोप लगा था, दिसंबर 2023 में नेपाल की एक निचली अदालत ने संदीप को रेप केस में दोषी करार दिया था, जनवरी 2024 में नेपाली क्रिकेटर को 8 साल की सजा भी सुनाई गई थी, इसके बाद नेपाल क्रिकेट ने संदीप को इंटरनेशनल और घरेलू क्रिकेट से निलंबित कर दिया था। मई 2024 में नेपाल की पाटन हाई कोर्ट ने संदीप लामिछाने को बलात्कार के आरोप से बरी कर दिया था। इसके साथ ही नेपाल क्रिकेट बोर्ड ने भी उन पर लगाया गया निलंबन हटा लिया था। इस तरह एक बार फिर उनकी क्रिकेट में वापसी हुई और अब दोबारा टीम के कप्तान बन गए हैं। pc- .facebook.com
सिंकफील्ड कप: आर. प्रज्ञानंदा ने सेवियन के खिलाफ आसान ड्रॉ के साथ अभियान शुरू किया
ग्रैंडमास्टर आर. प्रज्ञानंदा ने ग्रैंड चेस टूर के आखिरी से पहले इवेंट के शुरुआती राउंड में अपने अमेरिकी साथी सैमुअल सेवियन के खिलाफ आसान ड्रॉ के साथ अपने सिंकफील्ड कप कैंपेन की शुरुआत की।
अभिनव बिंद्रा ने 2008 बीजिंग ओलंपिक में जीते ऐतिहासिक स्वर्ण पदक की 18वीं वर्षगांठ पर उस उपलब्धि को अपने खेल जीवन की सबसे बड़ी ऊंचाई बताया।
Jason Roy यूरोपीय ETPL टूर्नामेंट के लिए ग्लास्गो कॉस्मिक टीम में शामिल हुए
इंग्लैंड के अनुभवी सलामी बल्लेबाज जेसन रॉय को ग्लास्गो कॉस्मिक ने पहले यूरोपीय टी20 प्रीमियर लीग (ईटीपीएल) के लिए अपनी टीम में शामिल किया है। फ्रेंचाइजी ने मंगलवार को यह घोषणा की। यह 36 वर्षीय खिलाड़ी इंग्लैंड की सीमित ओवरों की टीम का महत्वपूर्ण हिस्सा रहा है हालांकि उन्होंने 2023 के बाद अपने देश की तरफ से कोई मैच नहीं खेला है। वह प्रथम श्रेणी और पेशेवर टी20 लीग क्रिकेट में सक्रिय हैं। शीर्ष क्रम के आक्रामक बल्लेबाज रॉय का टी20 में स्ट्राइक रेट 137 का है। रॉय ने एक विज्ञप्ति में कहा, ‘‘जब कप्तान ने मुझे फोन करके पूछा कि क्या मैं उपलब्ध हूं, तो मैं बहुत उत्साहित हो गया और मैं तैयार था। मैं ग्लास्गो कॉस्मिक की तरफ से खेलने और इस रोमांचक सफर का हिस्सा बनने के लिए बहुत उत्सुक हूं।’’टीम के प्रिंसिपल और सीईओ राशिद अली खान ने कहा, ‘‘जेसन अपनी पीढ़ी के सबसे कुशल खिलाड़ियों में से एक हैं, जिनका अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में शानदार रिकॉर्ड रहा है। उनके अनुभव का हमारी टीम को काफी फायदा मिलेगा।’’ईटीपीएल का पहला सत्र 26 अगस्त से शुरू होगा और 20 सितंबर तक चलेगा। इसमें आयरलैंड, उत्तरी आयरलैंड, नीदरलैंड और स्कॉटलैंड का प्रतिनिधित्व करने वाली छह फ्रेंचाइजी टीम भाग लेंगी।
इंटरनेट डेस्क। भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व कप्तान सौरव गांगुली को जान से मारने की धमकी मिली है। खबरों के अनुसार, कुरियर से भेजे गए धमकी भरे पत्र में बीसीसीआई के पूर्व अध्यक्ष सौरव समेत उनकी पत्नी डोना गांगुली और उनके स्टाफ को जान से मारने की धमकी दी गई है। मीडिया रिपोटर्स की माने तो इस संबंध में भारत के पूर्व दिग्गज बल्लेबाज गांगुली के परिवार ने कोलकाता के ठाकुरपुकुर पुलिस स्टेशन में शिकायत दर्ज कराई है। शिकायत के मुताबिक, सोमवार को बंगाल क्रिकेट संघ के ऑफिस में एक कूरियर पैकेट पहुंचा। इसमें अंग्रेजी में लिखे दो लेटर मिले। इनमें बेहद आक्रामक और हिंसक भाषा का इस्तेमाल किया गया था। आपको बता दें कि पूर्व सलामी बल्लेबाज सौरव गांगुली के परिवार को इस तरह के पत्र पिछले छह महीने से लगातार मिल रहे थे। सौरव गांगुली की गितनी देश के दिग्गज क्रिकेटरों में होती है। उन्होंने अपने शानदार खेल के दम पर अन्तरराष्ट्रीय क्रिकेट में कई बड़ी उपलब्धियां अपने नाम दर्ज करवाई है। pc- opinionexpress.in
बांग्लादेश की निकल गई सारी हेकड़ी, भारतीय टीम के दौरे को लेकर व्याकुल है बोर्ड
भारत और बांग्लादेश के बीच सितंबर में सीरीज होनी है, लेकिन अभी तक इसको लेकर कुछ भी पक्का नहीं है। इस बीच बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड इस दौरे को लेकर काफी फंसा हुआ है, वो सब कुछ करने के लिए तैयार सा नजर आ रहा है।
पीवी सिंधू ने दिल्ली में बीडब्ल्यूएफ विश्व चैंपियनशिप के दौरान बंदरों को दूर रखने के लिए लंगूर की आवाज की नकल करने के इंतजाम को यूनिकली इंडियन बताते हुए तैयारियों की सराहना की।
संन्यास के बाद सचिन तेंदुलकर का आया था पहला फोन, अजिंक्य रहाणे का बड़ा खुलासा
भारत के पूर्व क्रिकेटर अजिंक्य रहाणे ने अपने संन्यास के बाद महान बल्लेबाज सचिन तेंदुलकर के साथ हुई बातचीत का खुलासा किया है।
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने फीफाअध्यक्ष जियानी इन्फेंटिनो का समर्थन करते हुए कहा कि उन्हें हटाना फीफा की बहुत बड़ी गलती होगी।
Tiger Shroff Durand Cup मैच में नहीं खेलेंगे, काम की प्रतिबद्धता बनी वजह
बॉलीवुड अभिनेता टाइगर श्रॉफ मंगलवार को शिलांग में मेघालय की टीम नोंगकेश एसएस एवं सीसी के खिलाफ डूरंड कप के ग्रुप मुकाबले में मुंबई एफसी की ओर से नहीं खेलेंगे। उन्होंने कहा कि अंतिम समय में काम से जुड़ी प्रतिबद्धता को कारण वह शिलांग नहीं जा पायेंगे। टाइगर को डूरंड कप के लिए मुंबई एफसी की टीम में शामिल किया गया था। वह हालांकि ग्रुप ई के शुरुआती दोनों मुकाबलों में मैदान पर नहीं उतरे। मुंबई एफसी को दोनों मैचों में करारी हार का सामना करना पड़ा। टीम को मेघालय की ही एक अन्य टीम लैंग्सनिंग ने 5-0 से हराया, जबकि शिलांग लाजोंग के खिलाफ भी उसे इसी अंतर से शिकस्त मिली। इन दो हार के बाद मुंबई एफसी टूर्नामेंट से बाहर हो चुकी है। क्लब के इंस्टाग्राम प्रोफाइल पर साझा किए गए एक वीडियो में टाइगर ने कहा, “यह वास्तव में बहुत दुर्भाग्यपूर्ण है, लेकिन अंतिम समय में काम से जुड़ी एक प्रतिबद्धता सामने आ गई है। इसलिए मैं डूरंड कप के लिए शिलांग नहीं आ पाऊंगा।”उन्होंने कहा, “मैं अपनी टीम मुंबई एफसी के लिए खेलने को लेकर वास्तव में काफी उत्साहित था, लेकिन दुर्भाग्य से ऐसा नहीं हो पाएगा। वहां मौजूद सभी लोगों को मेरी शुभकामनाएं। टूर्नामेंट शानदार रहा है। मुंबई एफसी को मेरी ओर से बहुत-बहुत शुभकामनाएं। लड़कों, अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करो।”टाइगर ने 2024 में मुंबई एफसी के लिए पदार्पण किया था। वर्ष 2024 में स्थापित मुंबई एफसी मुंबई प्रीमियर लीग और आई-लीग 3 में खेलती है, जो देश के घरेलू फुटबॉल ढांचे की चौथी श्रेणी है।
Sitanshu Kotak ने श्रीलंका के खिलाफ अभ्यास मैच को तैयारियों के लिए अहम बताया
भारतीय क्रिकेट टीम के बल्लेबाजी कोच सितांशु कोटक का मानना है कि श्रीलंका क्रिकेट एकादश के खिलाफ खेला गया अभ्यास मैच टीम की तैयारियों के लिहाज से नियमित अभ्यास से कहीं अधिक उपयोगी साबित हुआ। भारत ने इस मुकाबले में छह विकेट से जीत दर्ज की। कोलंबो के ‘नॉनडेस्क्रिप्ट्स क्रिकेट क्लब मैदान’ पर खेले गए अभ्यास मैच में भारत ने 207 रन के लक्ष्य को चार विकेट खोकर हासिल कर लिया। भारत ने इस मुकाबले से 15 अगस्त से शुरू होने वाली दो टेस्ट मैचों की श्रृंखला के लिए अपनी तैयारियों को पुख्ता किया। भारतीय क्रिकेट बोर्ड (बीसीसीआई) द्वारा साझा किए गए वीडियो में कोटक ने कहा, ‘‘मुझे लगता है कि यह अभ्यास मैच बहुत अच्छा और बेहद उपयोगी रहा। अगर आप चार दिन और अभ्यास करते तो भी मुझे नहीं लगता कि उसका उतना फायदा होता, जितना इस अभ्यास मैच से हुआ।’’उन्होंने कहा, ‘‘ गेंदबाजों ने अच्छी गति और लाइन-लेथ के साथ गेंदबाजी की और बल्लेबाजों को भी मैच जैसी परिस्थितियों में बल्लेबाजी करने का मौका मिला। टीम ने यह भी सुनिश्चित किया कि गेंदबाजों को बल्लेबाजी का अवसर मिले और सभी गेंदबाजों को अपनी जरूरत के मुताबिक पर्याप्त गेंदबाजी भार मिल सके।’’कोटक के अनुसार, कुल मिलाकर यह अभ्यास बेहद प्रभावी रहा। कोटक ने पहली पारी में तेजतर्रार 38 रन बनाकर नाबाद रहने वाले गुरनूर बराड़ और पारी के अंत में चार छक्के जड़ने वाले मोहम्मद सिराज की बल्लेबाजी की भी सराहना की। उन्होंने कहा, “गुरनूर और सिराज के छक्के निश्चित रूप से खास रहे, लेकिन मुझे लगता है कि देवदत्त पडिक्कल ने भी बहुत अच्छी बल्लेबाजी की। गुरनूर ने जिस तरह गेंदबाजी की और हमारे तेज गेंदबाजों ने ऐसी पिच पर काफी मेहनत की, जहां गेंदबाजों के लिए ज्यादा मदद नहीं थी, वह भी सराहनीय रहा।’’कोटक ने कहा, ‘‘यह कुल मिलाकर बहुत अच्छा अभ्यास मैच था, लेकिन मेरे लिए देवदत्त पडिक्कल की नाबाद 142 रन की पारी भी बेहद प्रभावशाली रही।
कभी गॉल में सहवाग ने तोड़ी मेंडिस की मिस्ट्री, अब गिल ब्रिगेड की बारी
गॉल में कभी वीरेंद्र सहवाग ने अजंता मेंडिस की मिस्ट्री स्पिन को बेअसर कर दिया था. अब शुभमन गिल की टीम के सामने प्रभात जयसूर्या की स्पिन चुनौती है, जिन्होंने अब तक गॉल में 11 टेस्ट मैच खेलकर 81 विकेट झटके हैं.
अफगानिस्तान ने तीसरे वनडे में आयरलैंड को 3 विकेट से हरा दिया। इस जीत के साथ टीम ने अफगानिस्तान ने 2027 वनडे वर्ल्ड कप के लिए सीधे क्वालिफाई कर लिया। बेलफास्ट में सोमवार को अफगानिस्तान ने गेंदबाजी चुनी। उसने आयरलैंड को 46.3 ओवर में 206 रन पर ऑलआउट कर दिया। फिर 44.5 ओवर में 7 विकेट पर लक्ष्य हासिल कर लिया। राशिद खान ने नाबाद 37 रन की पारी खेली। उन्होंने 3 विकेट भी झटके। राशिद और यामिन ने जीत दिलाई अफगानिस्तान ने एक समय 176 रन पर 7 विकेट गंवा दिए थे। इसके बाद राशिद खान ने नाबाद 37 रन बनाए। उन्होंने 43 गेंदों की पारी में 4 चौके लगाए। राशिद ने यामिन अहमदजई के साथ मिलकर टीम को जीत दिलाई। यामिन अहमदजई 26 गेंदों पर 4 रन बनाकर नाबाद रहे। दोनों ने अफगानिस्तान को 44.5 ओवर में लक्ष्य तक पहुंचा दिया। अफगानिस्तान कैसे क्वालिफाई हुआ अफगानिस्तान इस समय वनडे रैंकिंग में 8वें नंबर पर है। उसने आयरलैंड पर लगातार दूसरी जीत हासिल की है। इसके सहारे टीम 30 सितंबर 2026 तक वनडे रैंकिंग में खुद को टॉप-8 में कायम रख सकेगी। जोकि वनडे वर्ल्डकप क्वालिफिकेशन की कटऑफ डेट है। वेस्टइंडीज का वर्ल्ड कप क्वालिफायर खेलना तय अफगानिस्तान के क्वालिफिकेशन से वेस्टइंडीज का क्वालिफायर खेलना तय हो गया है। उसे भारत के खिलाफ 2 वनडे खेलने है, लेकिन ये मैच जीतकर भी विंडीज वनडे रैंकिंग के टॉप-8 में नहीं पहुंच सकेगी। टीम वर्तमान में नंबर-10 पर है। 2027 का वर्ल्ड कप साउथ अफ्रीका, जिम्बाब्वे और नामीबिया में खेला जाएगा। यह अफगानिस्तान का वनडे वर्ल्ड कप में चौथा प्रदर्शन होगा। ----------------------------------------------- 2027 वनडे वर्ल्ड कप से जुड़ी ये खबरें भी पढ़िए… क्यों वर्ल्डकप के लिए क्वालिफाई नहीं कर पा रही वेस्टइंडीज, जानिए 5 कारण 2 बार की वर्ल्ड चैंपियन वेस्टइंडीज वनडे वर्ल्डकप 2027 के लिए सीधे क्वालिफाई नहीं कर सकी है। सोमवार को अफगानिस्तान की टीम से उसका क्वालिफायर खेलना तय हो गया है। टीम ICC वनडे रैंकिंग में नंबर-10 पर है। उसे कट ऑफ डेट से पहले इंडिया के खिलाफ दो मैच खेलने हैं। लेकिन इन्हें जीतकर भी टीम टॉप-8 में नहीं आ सकेगी। पढ़ें पूरी खबर 2027 वनडे वर्ल्डकप के फॉर्मेट पर स्कॉटलैंड-नीदरलैंड्स नाराज; ICC पर अपमान का आरोप 2027 वनडे वर्ल्ड कप के नए फॉर्मेट को लेकर ICC और एसोसिएट देशों के बीच विवाद शुरू हो गया है। स्कॉटलैंड और नीदरलैंड्स के क्रिकेट बोर्ड ने टूर्नामेंट के नए फॉर्मट पर आपत्ति जताई है। दोनों बोर्ड ने ICC पर फैसले लेने की प्रक्रिया में पारदर्शिता नहीं रखने का आरोप लगाया है। पढ़ें पूरी खबर
अफगानिस्तान ने ODI World Cup 2027 के लिए किया क्वालीफाई, रोमांचक मुकाबले में आयरलैंड को हराया
आयरलैंड और अफगानिस्तान के बीच तीसरा वनडे मैच बेलफास्ट में खेला गया। पहले बल्लेबाज करते हुए आयरलैंड की टीम 46.3 ओवर में 206 रन बनाकर ऑलआउट हो गई।
सौरव गांगुली और उनके परिवार को मिली जान से मारने की धमकी, लेटर में लिखा- 'तुम्हें खत्म कर देंगे'
भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व कप्तान और बीसीसीआई के पूर्व अध्यक्ष सौरव गांगुली और उनकी पत्नी डोना गांगुली को जान से मारने की धमकी मिली है। इस धमकी के बाद गांगुली परिवार की सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ गई है।
Lionel Messi को चैंपियन बनाने वाले पिता Jorge Messi का निधन, दिग्गज Rafael Nadal ने जताया गहरा शोक
लियोनेल मेसी के पिता जॉर्ज मेसी के निधन की खबर से खेल जगत में शोक की लहर है। अर्जेंटीना के महान फुटबॉलर के परिवार के प्रति दुनिया भर के खिलाड़ियों और खेल हस्तियों ने संवेदना जताई है। टेनिस के दिग्गज राफेल नडाल ने भी मेसी के दुख में उनका साथ देते हुए भावुक संदेश लिखा है। जॉर्ज मेसी का शुक्रवार को अर्जेंटीना के रोसारियो में 68 वर्ष की उम्र में लंबी बीमारी के बाद निधन हुआ है। राफेल नडाल ने सोशल मीडिया के जरिए लियोनेल मेसी और उनके परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त की। नडाल ने कहा कि वह इस बात की कल्पना भी नहीं कर सकते कि मेसी इस समय किस दर्द से गुजर रहे होंगे। उन्होंने मेसी और उनके पूरे परिवार के लिए अपना प्यार और संवेदनाएं भेजीं और जॉर्ज मेसी की आत्मा की शांति की कामना की है। गौरतलब है कि नडाल और मेसी के बीच लंबे समय से आपसी सम्मान और प्रशंसा का रिश्ता रहा है। स्पेन के मयोर्का में पले-बढ़े नडाल को बचपन से ही फुटबॉल का काफी शौक रहा है। उनके चाचा मिगेल एंजेल नडाल बार्सिलोना और स्पेन की राष्ट्रीय टीम के लिए खेल चुके हैं। नडाल खुद भी एक समय फुटबॉल और टेनिस के बीच आगे बढ़ने को लेकर सोचते थे, लेकिन बाद में उन्होंने टेनिस को अपना करियर बनाया। मेसी के पिता को श्रद्धांजलि देने वालों में उनके क्लब इंटर मियामी और अर्जेंटीना के साथी खिलाड़ी रोड्रिगो डी पॉल भी शामिल रहे। मेसी की गैरमौजूदगी में इंटर मियामी के एक मुकाबले के दौरान डी पॉल ने ऐसा भावुक इशारा किया, जिसने सभी का ध्यान खींचा। मेसी उस समय अपने पिता के निधन के बाद परिवार के साथ अर्जेंटीना में थे। मोंटेरे के खिलाफ मुकाबले में डी पॉल ने लंबी दूरी से शानदार गोल किया। गोल के बाद उन्होंने अपनी इंटर मियामी की जर्सी उतारी, जिसके नीचे मेसी की मशहूर 10 नंबर वाली अर्जेंटीना की जर्सी दिखाई दी। यह उनके दोस्त और टीम साथी के प्रति सम्मान और समर्थन का बेहद भावुक तरीका था। बता दें कि रोड्रिगो डी पॉल और मेसी लंबे समय से अर्जेंटीना की राष्ट्रीय टीम में साथ खेलते रहे हैं। दोनों ने 2022 विश्व कप में अर्जेंटीना को चैंपियन बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी और 2026 विश्व कप में भी एक साथ टीम का हिस्सा रहे हैं। जॉर्ज मेसी का लियोनेल मेसी के जीवन और करियर में बेहद खास स्थान था। वह सिर्फ उनके पिता नहीं थे, बल्कि लंबे समय तक उनके एजेंट और करियर से जुड़े महत्वपूर्ण फैसलों में सलाहकार भी रहे। रोसारियो में एक युवा खिलाड़ी के रूप में मेसी की प्रतिभा को आगे बढ़ाने में उन्होंने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी। जब मेसी को बार्सिलोना की मशहूर युवा अकादमी ला मासिया में मौका मिलने की राह खुली, तब जॉर्ज उनके साथ स्पेन गए थे। इसके बाद उन्होंने अपने बेटे के पेशेवर करियर और कारोबारी मामलों को संभालने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। एक छोटे शहर से निकलकर दुनिया के महान फुटबॉल खिलाड़ियों में शामिल होने तक मेसी की यात्रा में उनके पिता का योगदान बेहद अहम रहा है।
Aston Villa छोड़ PSG लौटे Lucas Digne, 11 साल बाद फिर पहनेंगे पेरिस की जर्सी, 2029 तक हुआ Deal साइन
पेरिस सेंट-जर्मेन ने अपनी टीम में एक अनुभवी नाम की वापसी कराई है। फ्रांस के डिफेंडर लुकास डिग्ने करीब 11 साल बाद फिर से पेरिस सेंट-जर्मेन का हिस्सा बन गए हैं। फ्रांस के इस 33 वर्षीय लेफ्ट-बैक को इंग्लिश क्लब एस्टन विला से वापस लाया गया है और उनके साथ 2029 तक का करार किया गया है। क्लब ने रविवार को इस वापसी की जानकारी दी है। मौजूद जानकारी के अनुसार, इस स्थानांतरण की आधिकारिक रकम का खुलासा नहीं किया गया है। हालांकि, ब्रिटेन की मीडिया रिपोर्टों में दावा किया गया है कि पेरिस सेंट-जर्मेन ने डिग्ने के करार में मौजूद 85 लाख पाउंड की रिलीज शर्त को पूरा किया है। भारतीय मुद्रा में यह रकम करीब 100 करोड़ रुपये से ज्यादा बैठती है, हालांकि वास्तविक राशि विनिमय दर के हिसाब से बदल सकती है। लुकास डिग्ने के लिए पेरिस सेंट-जर्मेन की वापसी भावनात्मक भी है। वह इससे पहले 2013 से 2015 तक क्लब के लिए खेल चुके हैं। उस दौरान उन्होंने टीम के साथ दो फ्रेंच लीग खिताब, एक फ्रेंच कप और दो लीग कप जीते थे। अब 11 साल बाद वह काफी ज्यादा अनुभव के साथ क्लब में लौटे हैं। डिग्ने ने अपनी वापसी पर खुशी जताते हुए कहा कि एक दशक से ज्यादा समय पहले पेरिस सेंट-जर्मेन के साथ बिताया गया समय उनके लिए शानदार अनुभव था और दोबारा क्लब का हिस्सा बनना उनके लिए सम्मान की बात है। उन्होंने यह भी कहा कि वह इस नए अध्याय की शुरुआत करने और अपने अनुभव का इस्तेमाल टीम के लिए करने को लेकर उत्साहित हैं। गौरतलब है कि डिग्ने ने अपने पेशेवर फुटबॉल करियर की शुरुआत लिल से की थी। इसके बाद वह पेरिस सेंट-जर्मेन पहुंचे। फ्रांसीसी क्लब में शुरुआती दौर बिताने के बाद वह एक सत्र के लिए इटली के रोमा क्लब में ऋण पर भी खेले थे। वर्ष 2016 में उन्होंने स्पेन के बार्सिलोना का रुख किया। वहां दो सत्र के दौरान उन्होंने 46 मुकाबले खेले और ला लीगा, दो कोपा डेल रे तथा एक स्पेनिश सुपर कप का खिताब जीता। इसके बाद 2018 में डिग्ने इंग्लैंड के एवर्टन क्लब से जुड़े। उन्होंने वहां चार साल बिताए और फिर एस्टन विला पहुंच गए। विला पार्क में करीब साढ़े चार सत्र के दौरान वह टीम के अहम खिलाड़ियों में शामिल रहे। उन्नाई एमरी की देखरेख में उन्होंने क्लब की सफलता में महत्वपूर्ण योगदान दिया और 2026 में टीम के यूरोपा लीग खिताब जीतने वाले अभियान का भी हिस्सा रहे हैं। फ्रांस की राष्ट्रीय टीम में डिग्ने का पदार्पण 2014 में हुआ था। अब तक वह देश के लिए 64 मुकाबले खेल चुके हैं। उन्होंने दो विश्व कप में फ्रांस का प्रतिनिधित्व किया है। हाल ही में 2026 विश्व कप में भी वह फ्रांस की टीम का हिस्सा रहे, जहां फ्रांस सेमीफाइनल तक पहुंचा था। पेरिस सेंट-जर्मेन के लिए डिग्ने की वापसी ऐसे समय हुई है जब क्लब नए सत्र की तैयारी कर रहा है। उनके अनुभव से टीम को बाएं छोर पर मजबूती मिलने की उम्मीद है। क्लब अपने लीग अभियान की शुरुआत 23 अगस्त को रेनेस के खिलाफ मुकाबले से करेगा। ऐसे में डिग्ने के लिए दूसरी बार पेरिस सेंट-जर्मेन की जर्सी पहनना उनके करियर के एक नए दौर की शुरुआत माना जा रहा है।
भारतीय टीम के पूर्व कप्तान और BCCI के पूर्व अध्यक्ष सौरव गांगुली को जान से मारने की धमकी मिली है। कुरियर से भेजे गए धमकी भरे पत्र में सौरव समेत उनकी पत्नी डोना गांगुली और उनके स्टाफ को जान से मारने की बात कही गई। गांगुली परिवार ने कोलकाता के ठाकुरपुकुर पुलिस स्टेशन में इसकी शिकायत दर्ज कराई है। CAB ऑफिस में लेटर भेजे; लिखा- खत्म कर देंगे पुलिस के अनुसार सोमवार को बंगाल क्रिकेट संघ (CAB) के दफ्तर में एक कूरियर पैकेट पहुंचा। इसमें अंग्रेजी में लिखे दो लेटर मिले। लेटर में बेहद आक्रामक और हिंसक भाषा का इस्तेमाल किया गया था। गांगुली परिवार को इस तरह के पत्र पिछले 6 महीने से लगातार मिल रहे थे। शुरुआती दिनों में परिवार ने इन्हें किसी सिरफिरे फैन या निजी नाराजगी जताने वाले व्यक्ति की हरकत समझकर नजरअंदाज कर दिया था। 16 साल इंटरनेशनल क्रिकेट खेला 2019 में BCCI अध्यक्ष बने थे गांगुली गांगुली क्रिकेट एसोसिएशन ऑफ बंगाल (CAB) के अध्यक्ष हैं। 2019 में BCCI के अध्यक्ष बने थे। उन्हें 2022 में पद से इस्तीफा देना पड़ा। उनकी जगह 1983 वर्ल्ड कप विजेता टीम के सदस्य रहे रोजर बिन्नी को नया चेयरमैन बनाया गया। --------------------------------------- क्रिकेट से जुड़ी यह खबर भी पढ़िए… खिलाड़ी की शिकायत पर पुडुचेरी कोच पर FIR; 8 महीने पुराना है विवाद, कोर्ट के आदेश पर केस दर्ज पुडुचेरी (CAP) के अंडर-19 कोच एस. वेंकटरमन पर FIR दर्ज की गई है। यह कार्रवाई खिलाड़ी की याचिका पर कोर्ट के आदेश के बाद हुई। पुडुचेरी के न्यायिक मजिस्ट्रेट ने पुलिस को कोच के खिलाफ FIR दर्ज करने का निर्देश दिया। मामला 8 दिसंबर 2025 को CAP परिसर में हुए विवाद से जुड़ा है। पढ़ें पूरी खबर
सरफराज खान के रिप्लेसमेंट का हुआ ऐलान, 25 साल के प्लेयर को मिला दलीप ट्रॉफी में मौका
सरफराज खान का भारतीय क्रिकेट टीम में चयन होने के बाद वेस्ट जोन की टीम में बदलाव किया गया है। अब उनकी जगह सौराष्ट्र के 25 साल के खिलाड़ी जय गोहिल को टीम में शामिल किया गया है।
पुडुचेरी (CAP) के अंडर-19 कोच एस. वेंकटरमन पर FIR दर्ज की गई है। यह कार्रवाई खिलाड़ी की याचिका पर कोर्ट के आदेश के बाद हुई। पुडुचेरी के न्यायिक मजिस्ट्रेट ने पुलिस को कोच के खिलाफ FIR दर्ज करने का निर्देश दिया। मामला 8 दिसंबर 2025 को CAP परिसर में हुए विवाद से जुड़ा है। इससे पहले वेंकटरमन की शिकायत पर 3 स्थानीय क्रिकेटरों के खिलाफ FIR दर्ज हुई थी। अब उन्हीं में शामिल जयसुंदरम कार्तिकेयन की शिकायत पर कोच के खिलाफ भी केस दर्ज हुआ है। रणजी प्लेयर्स पर मारपीट के आरोप लगाए थे वेंकटरमन ने सेदारापेट पुलिस को दी शिकायत में जयसुंदरम कार्तिकेयन (32), ए. अरविंदराज (30) और एस. संतोष कुमारन (28) के नाम बताए थे। तीनों पुदुचेरी की ओर से रणजी ट्रॉफी मैच खेल चुके हैं। CAP के पूर्व संयुक्त सचिव वेंकटरमन ने आरोप लगाया था कि खिलाड़ियों ने उन पर हमला किया। उनका कहना था कि खिलाड़ी सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी की टीम में चयन नहीं होने की वजह उन्हें बता रहे थे। हमले के बाद वेंकटरमन को अस्पताल में भर्ती कराया गया था। उन्हें सिर में चोट लगी थी और कंधे में फ्रैक्चर हुआ था। कार्तिकेयन ने भी कोच के खिलाफ शिकायत दी थी पुलिस ने खिलाड़ियों के खिलाफ FIR दर्ज कर ली थी, लेकिन कार्तिकेयन ने घटना वाले दिन कोच के खिलाफ शिकायत दी थी। इस पर कोई कार्रवाई नहीं हुई। पुडुचेरी के लिए सभी फॉर्मेट में छह मैच खेल चुके 32 साल के कार्तिकेयन ने आरोप लगाया कि CAP के इंडोर ट्रेनिंग सेंटर में अभ्यास के दौरान वेंकटरमन ने विवाद बढ़ाया। कार्तिकेयन के वकील एम. सबरी सेल्वम ने द इंडियन एक्सप्रेस से कहा, “वेंकटरमन ने उन्हें गालियां दीं और बल्ला उठाकर उन पर हमला किया। हमने जानबूझकर कोई हमला नहीं किया था। खिलाड़ियों को चोट लगी और प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में उनका मेडिकल टेस्ट कराया गया।” वकील ने कहा, “हमने हमले वाले दिन ही सेदारापेट SHO और एसपी (नॉर्थ) को शिकायत दी थी। पुलिस ने केवल उस शिकायत पर कार्रवाई की, जो वेंकट्रामन ने बाद में दी थी।” कोर्ट के आदेश के बाद पिछले हफ्ते FIR पुलिस की ओर से कई महीनों तक कार्रवाई नहीं होने के बाद कार्तिकेयन ने पुडुचेरी के न्यायिक मजिस्ट्रेट-IV के सामने याचिका दायर की। वकील ने बताया, ‘कोर्ट का निर्देश पिछले महीने सुनाया गया था और सेदारापेट पुलिस ने पिछले हफ्ते वेंकट्रामन के खिलाफ FIR दर्ज की। हमने BCCI और CAP में भी औपचारिक शिकायत दी है। इसमें जांच और वेंकटरमन को तुरंत निलंबित करने की मांग की गई है।’ अप्रैल 2026 में खिलाड़ी निलंबित हुए थे अप्रैल 2026 में CAP ने तीनों क्रिकेटरों को सभी क्रिकेट गतिविधियों से निलंबित कर दिया था। CAP ने इसकी वजह CAP के अंडर-19 कोच वेंकटरामन पर हमले से जुड़ा हत्या की कोशिश और हमले के आरोपों वाला गंभीर आपराधिक मामला बताया था। वेंकटरामन 2019 से 2022 तक CAP के संयुक्त सचिव रह चुके हैं। उन्होंने पुडुचेरी प्रीमियर लीग की एक फ्रेंचाइजी के कोच के तौर पर भी काम किया है। इस साल की शुरुआत में उन्होंने पुडुचेरी की रणजी ट्रॉफी टीम के पिछले दो मैचों की जिम्मेदारी संभाली थी। ------------------------------------------ खिलाड़ी कोच विवाद की यह खबर भी पढ़िए… पुडुचेरी अंडर-19 कोच की पिटाई, सिर में 20 टांके, कंधा फ्रैक्चर; टीम से ड्रॉप 3 प्लयेर्स ने हमला किया पुडुचेरी क्रिकेट एसोसिएशन (CAP) विवादों में घिर गया है। सोमवार को एसोसिएशन के अंडर-19 टीम के हेड कोच एस वेंकटारमन पर तीन लोकल खिलाड़ियों ने हमला कर दिया। रिपोर्ट के मुताबिक खिलाड़ी सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी (SMAT) की टीम से ड्रॉप किए जाने से नाराज थे। पढ़ें पूरी खबर
नेपाल ने संदीप लामिछाने को वनडे टीम का कप्तान बनाया है। वे रोहित पौडेल की जगह लेंगे। 26 साल के संदीप ACC मेंस प्रीमियर कप में टीम की कमान संभालेंगे। सोमवार को टीम का ऐलान हुआ। लामिछाने ने 77 वनडे में 154 विकेट लिए हैं। वे 14 वनडे में कप्तानी कर चुके हैं। इसके बाद 2022 में पौडेल ने कप्तानी संभाली थी। क्रिकेट एसोसिएशन ऑफ नेपाल ने इस पोस्ट के जरिए टीम अनाउंस की… लामिछाने के नाम 2 रिकॉर्ड 8 साल की सजा, फिर बरी भी हुए साल 2022 में संदीप पर एक नाबालिग से बलात्कार का आरोप लगा था, जिसके बाद काठमांडू जिला अदालत ने उन्हें 8 साल की सजा सुनाई थी। हालांकि, मई 2024 में नेपाल की पाटन उच्च न्यायालय ने उन्हें इन आरोपों से पूरी तरह बरी कर दिया, जिसके बाद उनकी क्रिकेट में दोबारा वापसी हुई। पौडेल ने 12 में से 11 वनडे जिताए पौडेल के कार्यकाल में नेपाल ने शानदार सफलता हासिल की। उनकी कप्तानी में नेपाल ने ICC क्रिकेट वर्ल्ड कप लीग-2 के 12 में से 11 वनडे जीते। जून 2023 में जिम्बाब्वे में होने वाले वर्ल्ड कप क्वालिफायर के लिए जगह बनाई। बल्लेबाजी क्रम में भी पौडेल ने भरोसेमंद और अहम भूमिका निभाई। -----------------------------------------
ACC मेन्स प्रीमियर कप से पहले नेपाल ने बदला कप्तान, 26 साल के खिलाड़ी को सौंपी टीम की जिम्मेदारी
नेपाल क्रिकेट टीम में बड़ा बदलाव हुआ है, पूर्व स्पिनर संदीप लामिछाने को नया वनडे कप्तान बनाया गया है। 26 वर्षीय संदीप, रोहित पॉडेल की जगह कमान संभालेंगे और आगामी ACC मेन्स प्रीमियर कप में टीम की अगुवाई करेंगे
लक्ष्मण ने कहा कि किसी खिलाड़ी की फिटनेस को लेकर पहले से एक समयसीमा तय की जा सकती है, लेकिन यह जरूरी नहीं कि हर क्रिकेटर उसी अवधि में पूरी तरह फिट हो जाए। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि चोट से वापसी एक प्रक्रिया है और इसमें खिलाड़ी के शरीर की स्थिति के अनुसार लगातार बदलाव किए जाते हैं।
11 साल की बोधना और श्रेयस ने किया कमाल, ब्रिटिश शतरंज चैंपियनशिप जीतकर रचा इतिहास
बोधना सिवानंदन और श्रेयस रॉयल ने 2026 ब्रिटिश शतरंज चैंपियनशिप जीत ली है। भारतीय मूल की बोधना फिलहाल 11 साल की हैं। श्रेयस 17 साल के हैं। चैंपियनशिप में 1,750 से अधिक खिलाड़ियों ने भाग लिया।
शुभमन गिल का कप्तानी में कैसा रहा है रिकॉर्ड? अबकी बार श्रीलंका में होगा असली टेस्ट
शुभमन गिल ने पिछले साल इंग्लैंड दौरे से टीम इंडिया की टेस्ट कप्तानी संभाली थी। उन्होंने अब तक टेस्ट क्रिकेट में कुल 9 मैचों में कप्तानी की है। पहली बार वह श्रीलंका में टेस्ट मैच खेलेंगे।
भारतीय मूल की 11 साल की बोधन सिवानंदन ब्रिटेन की सबसे कम उम्र की महिला चेस चैंपियन बन गई हैं। उन्होंने आयरलैंड की त्रिशा कन्यामराला को रैपिड चेस प्लेऑफ में हराकर ब्रिटिश चेस चैंपियनशिप का खिताब जीता। बोधन के अलावा भारतीय मूल के ही 17 साल के श्रीयस रॉयल ने भी चैंपियनशिप अपने नाम किया। श्रीयस ने नौ राउंड के बाद पॉइंट टेबल में सबसे ऊपर रहते हुए ओपन ब्रिटिश खिताब अपने नाम किया। 1 अगस्त को शुरु हुआ टूर्नामेंट रविवार को कोवेंट्री में खत्म हुआ। बोधन ने लॉकडाउन में चेस खेलना शुरु किया था बोधन ने कोविड महामारी के लॉकडाउन के दौरान पहली बार चेस खेलना शुरू किया था। उस समय उनके पिता के एक दोस्त भारत लौट रहे थे। उन्होंने उसे कुछ बैग दिए थे, जिनमें चेस बोर्ड भी था। नॉर्थ-वेस्ट लंदन की स्कूली छात्रा ने इसके बाद लगातार रिकॉर्ड बनाए। तेज फॉर्मेट में वह पहले ही यूके ओपन महिला ब्लिट्ज चैंपियन और संयुक्त ब्रिटिश महिला रैपिड चैंपियन बन चुकी हैं। बोधन को एकमात्र हार श्रीयस से मिली क्लासिकल फॉर्मेट के इस टूर्नामेंट की जीत के साथ 11 साल की बोधन ने तीनों फॉर्मेट में खिताब जीतने की उपलब्धि हासिल की। इस चैंपियनशिप में उन्हें एकमात्र हार छठे राउंड में श्रीयस रॉयल से मिली। श्रीयस ने पहली बार ब्रिटिश खिताब जीता श्रीयस ने पहला ब्रिटिश खिताब जीता है। उन्हें 15 साल की उम्र में इंग्लैंड का यंगेस्ट ग्रैंडमास्टर घोषित किया गया था। साउथ-ईस्ट लंदन में रहने वाले श्रीयस टूर्नामेंट में खिताब की दौड़ में शामिल थे। श्रीयस का जन्म भारत के बेंगलुरु में हुआ था। तीन साल की उम्र में वह माता-पिता जितेंद्र और अंजू सिंह के साथ ब्रिटेन चले गए थे। ब्रिटिश चेस चैंपियनशिप 122 साल पुराना ब्रिटिश चेस चैंपियनशिप 122 साल पुराना है। यह ब्रिटेन का सबसे बड़ा चेस टूर्नामेंट है। इस साल ओपन चैंपियनशिप के लिए 1,750 से ज्यादा लोगों ने रजिस्ट्रेशन कराया। विजेताओं को 34 हजार पाउंड की इनामी राशि दी गई। ----------------------- स्पोर्ट्स की यह खबर भी पढ़ें… 2027 वनडे वर्ल्ड कप के फॉर्मेट पर स्कॉटलैंड-नीदरलैंड्स नाराज:ICC पर अपमान का आरोप; 3 स्टेज में होगा टूर्नामेंट, 14 टीमें खेलेंगी 2027 वनडे वर्ल्ड कप के नए फॉर्मेट को लेकर ICC और एसोसिएट देशों के बीच विवाद शुरू हो गया है। स्कॉटलैंड और नीदरलैंड्स के क्रिकेट बोर्ड ने टूर्नामेंट के नए फॉर्मट पर आपत्ति जताई है। पूरी खबर पढ़ें…
सरफराज खान के भारतीय टीम में चयन के बाद वेस्ट जोन टीम में बदलाव किया गया है। उनकी जगह सौराष्ट्र के 25 वर्षीय जय गोहिल को टीम में शामिल किया गया है, जिनका घरेलू क्रिकेट में शानदार रिकॉर्ड है।
ODI World Cup 2027 से पहले बड़ा विवाद, दो टीमों ने फॉर्मेट पर उठाए सवाल
वनडे विश्व कप 2027 में अब करीब 18 महीने का वक्त है, लेकिन इस बीच इसके फॉर्मेट को लेकर विवाद हो गया है। अगले साल के विश्व कप में 14 टीमें हिस्सा लेंगी।
ऑस्ट्रेलिया और बांग्लादेश के बीच दो मैचों की टेस्ट सीरीज का पहला मैच 13 अगस्त से खेला जाएगा। इस टेस्ट सीरीज के लिए तेज गेंदबाज नाहिद राणा बांग्लादेश की टीम का हिस्सा नहीं हैं।
ICC ने जुलाई के ‘प्लेयर ऑफ द मंथ’ अवॉर्ड के लिए 6 खिलाड़ियों को शॉर्टलिस्ट किया है। मेंस कैटेगरी में इंग्लैंड के कप्तान हैरी ब्रूक, वेस्टइंडीज के ऑलराउंडर जस्टिन ग्रीव्स और बांग्लादेश के ओपनर तंजीद हसन दावेदार हैं।विमेंस कैटेगरी में इंग्लैंड की कप्तान नैट सिवर-ब्रंट, श्रीलंका की बैटर हर्षिता समरविक्रमा और वेस्टइंडीज की कप्तान हेली मैथ्यूज को जगह मिली है। मेंस कैटेगरी के दावेदार: विमेंस कैटेगरी के दावेदार: ऐसे चुने जाएंगे विजेता ---------------------------------स्पोर्ट्स की यह खबर भी पढ़ें…सरफराज खान 2 साल बाद भारतीय टीम में शामिल:चोटिल साई सुदर्शन की जगह मौका मिला, गॉल टेस्ट से पहले टीम से जुड़ेंगे बैटर सरफराज खान को दो साल बाद टीम इंडिया में जगह मिली है। उन्हें श्रीलंका दौर पर चोटिल साई सुदर्शन की जगह शामिल किया गया। BCCI ने रविवार शाम को इसकी जानकारी दी। पूरी खबर पढ़ें…
बॉक्सर नरेंद्र बेरवाल ने पीएम मोदी को 2015 का एक मजेदार किस्सा सुनाया। उन्होंने बताया कि एक मैच के बाद पाकिस्तानी मुक्केबाज नरेंद्र नाम से नफरत करने लगा था, जिसे सुनकर पीएम मोदी भी हंस पड़े।
हार्दिक पांड्या को लेकर अफवाहों का बाजार गर्म, क्या मुंबई इंडियंस से चले जाएंगे
हार्दिक पांड्या अगले साल के आईपीएल में मुंबई इंडियंस से ही खेलेंगे या फिर कहीं और चले जाएंगे, इसको लेकर बाजार गर्म हैं। बातें तो खूब हो रही हैं, लेकिन अभी तक कुछ भी पक्का नहीं है।
नई दिल्ली, 10 अगस्त (आईएएनएस)। भारत ने बेहतरीन प्रदर्शन करते हुए तीन दिवसीय वॉर्मअप मुकाबले में श्रीलंका क्रिकेट इलेवन के खिलाफ 6 विकेट से जीत दर्ज की। भारतीय टीम ने 207 रनों के लक्ष्य को सिर्फ एक सेशन में हासिल किया। यशस्वी जायसवाल, कप्तान शुभमन गिल के साथ-साथ मोहम्मद सिराज ने भी सिर्फ 15 गेंदों में 32 रन बनाकर टीम की जीत में अहम योगदान दिया। टीम के प्रदर्शन से बैटिंग कोच सितांशु कोटक काफी खुश हैं।
टीम इंडिया से बाहर चल रहे युजवेंद्र चहल का गदर, 15 विकेट लेकर मचाई सनसनी
टीम इंडिया से बाहर चल रहे युजवेंद्र चहल इस वक्त वनडे कप खेल रहे हैं, जहां वे जबरदस्त गेंदबाजी करते हुए खूब विकेट चटका रहे हैं। चहल ने भारत के लिए आखिरी मैच साल 2023 में खेला था।
भारतीय बैडमिंटन खिलाड़ी आयुष शेट्टी वर्ल्ड चैंपियनशिप में अपने डेब्यू के लिए पूरी तरह तैयार हैं।
ज्यादा प्रैक्टिस ठीक नहीं... भारतीय कोच का चौंकाने वाला बयान
भारत के बल्लेबाजी कोच सितांशु कोटक ने श्रीलंका के खिलाफ वॉर्म-अप जीत के बाद कहा कि अतिरिक्त अभ्यास से भी उतना फायदा नहीं होता, जितना मैच जैसी परिस्थितियों में खेलने से मिला.
श्रीलंका के खिलाफ टेस्ट सीरीज में इन 5 भारतीय खिलाड़ियों के प्रदर्शन पर होंगी निगाहें
नई दिल्ली, 10 अगस्त (आईएएनएस)। वॉर्मअप मैच में शानदार जीत दर्ज करने के बाद भारतीय टीम श्रीलंका से दो मैचों की टेस्ट सीरीज में भिड़ने के लिए तैयार है। सीरीज का पहला मुकाबला 15 अगस्त से खेला जाना है। आइए आपको उन पांच भारतीय खिलाड़ियों के नाम बताते हैं, जिनके प्रदर्शन पर इस सीरीज में खासतौर पर निगाहें होंगी।
नरेंद्र नाम से नफरत करने लगा पाकिस्तानी मुक्केबाज, भारतीय पदक विजेता ने PM को सुनाया दिलचस्प किस्सा
नरेंद्र ने प्रधानमंत्री के साथ बातचीत के दौरान साल 2015 के वर्ल्ड मिलिट्री गेम्स का एक किस्सा साझा किया। उन्होंने बताया कि प्रतियोगिता में उनका पहला मुकाबला ही एक पाकिस्तानी मुक्केबाज से हुआ था।
भारत के गलत नक्शे के खिलाफ आवाज उठाने वाली लवलीना से बोले PM मोदी, ‘लंबे समय तक याद रखेंगे’
मोदी ने कॉमनवेल्थ गेम्स में पदक जीतने वाले खिलाड़ियों के साथ मुलाकात के दौरान ग्लास्गो के एक रेस्तरां में भारत के गलत नक्शे पर आपत्ति जताने पर मुक्केबाज लवलीना बोरगोहेन की सराहना की।
विमेंस हॉकी वर्ल्ड कप में 1974 से 2022 तक भारत का संघर्ष से भरा सफर
महिला हॉकी वर्ल्ड कप आज तक सिर्फ चार टीमों ने जीता है जिनमें नीदरलैंड 9 बार चैम्पियन रही जबकि अर्जेंटीना, ऑस्ट्रेलिया और जर्मनी ने 2-2 बार खिताब जीता।
'मुझे नरेंद्र नाम से नफरत हो गई है', भारतीय बॉक्सर ने PM मोदी को सुनाया पाकिस्तानी का किस्सा
भारतीय बॉक्सर नरेंद्र बेरवाल ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पाकिस्तानी एथलीट का किस्सा सुनाया। किस्सा सुनने के बाद पीएम मोदी की हंसी छूट गई। बेरवाल ने कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में सिल्वर मेडल अपने नाम किया।
World U20 Championships में भारत ने जीते कुल तीन पदक, पूजा सिंह सातवें स्थान पर रहीं
राष्ट्रीय रिकॉर्ड धारक ऊंची कूद की एथलीट पूजा सिंह उम्मीदों पर खरी नहीं उतर सकीं और फाइनल में सातवें स्थान पर रहीं, जिससे भारत ने यहां विश्व एथलेटिक्स अंडर 20 चैंपियनशिप में तीन पदकों के साथ अपना अभियान समाप्त किया। 19 वर्षीय पूजा केवल 1.84 मीटर की ऊंचाई ही पार कर सकीं, जो उनके सीनियर स्तर पर राष्ट्रीय रिकॉर्ड 1.93 मीटर से काफी कम है। वह तीन प्रयासों में 1.87 मीटर की ऊंचाई पार करने में नाकाम रहीं। ऑस्ट्रेलिया की इज़ोबेल लुइसन-रो ने 1.92 मीटर के साथ स्वर्ण पदक जीता, जबकि हंगरी की लिलियाना बटोरी (1.90 मीटर) और स्पेन की ऐताना अलोंसो (1.90 मीटर) ने क्रमशः रजत और कांस्य पदक हासिल किए। पूजा ने मई में 1.93 मीटर के सीनियर राष्ट्रीय रिकॉर्ड के साथ एशियाई अंडर-20 एथलेटिक्स चैंपियनशिप में स्वर्ण पदक जीता था। वह सीनियर एशियाई एथलेटिक्स चैंपियनशिप में मौजूदा स्वर्ण पदक विजेता भी हैं। इसे भी पढ़ें: Bhuvneshwar Kumar ने 2027 World Cup वापसी पर भरी हुंकार, बोले- पूरी तरह तैयार भारतीय महिला चार गुणा 400 मीटर रिले टीम फाइनल में नौवें और अंतिम स्थान पर रही। उसने तीन मिनट 45.28 सेकंड का समय लिया। टीम में भूमिका नेहते, ताहूरा खातून, तनु चौधरी और थिया अरुमुगम शामिल थीं। इसे भी पढ़ें: 5 महीने से गायब मोजतबा खामनेई का कौन सा सरप्राइज वीडियो ईरान ने किया जारी, जानें इसमें क्या दिखा? अमेरिका ने 3:29.15 सेकंड के समय के साथ स्वर्ण पदक जीता, जबकि ऑस्ट्रेलिया (3:31.39 सेकंड) और ग्रेट ब्रिटेन (3:32.08 सेकंड) ने क्रमशः रजत और कांस्य पदक हासिल किए। भारत ने इस तरह से प्रतियोगिता में तीन पदकों के साथ अपने अभियान का समापन किया जिसमें दो रजत और एक कांस्य पदक शामिल हैं। आशीष यादव ने पुरुषों की भाला फेंक स्पर्धा में रजत पदक जीतकर भारत का खाता खोला था। इसके बाद बसंत कुमार मेघवाल ने पुरुषों की ऊंची कूद में रजत और शाहनवाज खान ने पुरुषों की लंबी कूद में कांस्य पदक जीता। भारत ने 2021 और 2022 में भी इस प्रतियोगिता में तीन पदक जीते थे जबकि 2024 में वह केवल एक पदक ही जीत पाया था।
PM Modi ने Boxer Lovlina Borgohain की तारीफ की, ग्लास्गो में गलत नक्शे पर जताई थी आपत्ति
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने राष्ट्रमंडल खेलों में रजत पदक जीतने वाली मुक्केबाज लवलीना बोरगोहेन की सराहना की, जिन्होंने ग्लास्गो के एक रेस्तरां में भारत के गलत मानचित्र पर आपत्ति जताई थी। मोदी ने राष्ट्रमंडल खेलों की पदक विजेताओं के साथ अपनी अनौपचारिक बातचीत के दौरान लवलीना की प्रशंसा की। प्रधानमंत्री ने रविवार को हुई इस बातचीत में चुटकुले सुनाए और पदक विजेताओं से खेलों की तैयारी और ग्लास्गो में उनके अनुभवों के बारे में सुना। इसे भी पढ़ें: PM Modi ने Commonwealth Games के पदक विजेताओं से की मुलाकात, दी बधाई मोदी के कार्यालय ने सोमवार को इसका वीडियो जारी किया। उन्होंने 75 किलोग्राम वर्ग में रजत पदक जीतने वाली लवलीना से पूछा, ‘‘क्या हुआ वो रेस्टोरेंट वाले से झगड़ा कर रही थी?’’ असम की मुक्केबाज ने हंसते हुए जवाब दिया, ‘‘यह एक खुशी का अवसर था। हम जश्न मना रहे थे और मुझे देश का गलत मानचित्र देखना अच्छा नहीं लगा। मैंने विनम्रतापूर्वक उन्हें बताया और उन्होंने बदलाव भी कर दिया।’’ मोदी ने उनकी सराहना करते हुए कहा कि यह समझदारी भरा काम था, खासकर ऐसे समय में जब वह अपनी जीत का जश्न मना रही थीं। उन्होंने कहा, ‘‘खेलों के समापन और जश्न के माहौल में उस नक्शे के महत्व को पहचान पाना। मैं आपको सच बता सकता हूं, वह वीडियो साधारण नहीं था। इसे भी पढ़ें: PM Modi का Facebook पोस्ट हटाने पर Meta ने माफी मांगी, मंत्री Ashwini Vaishnaw से मुलाकात लोग उसे लंबे समय तक याद रखेंगे।
इंग्लैंड के वनडे कप में हैम्पशायर के बल्लेबाज टोबी अल्बर्ट ने लगातार 6 गेंदों पर 6 छक्के लगा दिया। उन्होंने ससेक्स के खिलाफ सिर्फ 37 गेंदों में 86 रन की तेज पारी खेली। अल्बर्ट ने पहले ओवर में 2 छक्के आए। इसके बाद अगले ओवर में उन्होंने लगातार 4 गेंदों को सिक्स के लिए भेज दिया। अल्बर्ट की पारी के बदौलत हैम्पशायर ने 383/9 रन बनाए। जवाब में ससेक्स 332 रन पर ऑलआउट हो गई। हैम्पशायर ने मुकाबला 51 रन से जीत लिया। पारी में 8 छक्के लगाए अल्बर्ट जब बल्लेबाजी करने आए, तब हैम्पशायर का स्कोर 200 रन के पार पहुंच चुका था। उन्होंने आते ही रन बनाने की रफ्तार बढ़ा दी। ससेक्स के नैंटेस ओस्टहुइजन गेंदबाजी कर रहे थे। अल्बर्ट ने उनके ओवर में लगातार दो छक्के लगाए। इसके बाद अगला ओवर ओली कर्टली लेकर आए। अल्बर्ट ने उनकी लगातार चार गेंदों पर चार छक्के जड़ दिए। हालांकि, इन छक्कों को एक ओवर में लगाए गए 6 छक्कों का रिकॉर्ड नहीं माना जाएगा। वजह यह है कि ये दो अलग-अलग ओवर में आए। अल्बर्ट ने 37 गेंदों पर 86 रन बनाए। इस दौरान उनके बल्ले से 5 चौके और 8 छक्के निकले। उनका स्ट्राइक रेट 232 का रहा। अल्बर्ट को 21 रन के स्कोर पर जीवनदान भी मिला। 225 रन की ओपनिंग साझेदारी हैम्पशायर की शुरुआत शानदार रही। एक समय टीम का स्कोर 225 रन बिना किसी नुकसान के था। ओपनर अली ऑर और 18 साल के बेन मेयस दोनों ने शतक लगाए। ऑर ने 105 रन बनाए। उन्होंने 14 चौके और एक छक्का लगाया। वहीं मेयस ने 109 रन की पारी खेली। यह उनका लिस्ट-ए क्रिकेट में पहला शतक था। दोनों के बीच शतकीय साझेदारी सिर्फ 92 गेंदों में पूरी हुई थी। हैम्पशायर ने लिस्ट-ए क्रिकेट में अपना दूसरा सबसे बड़ा स्कोर बनाया हैम्पशायर ने 189 गेंदों में 200 रन पूरे कर लिए थे। अल्बर्ट के बाद एडी जैक ने 5 गेंदों पर 20 रन बनाए। उन्होंने भी एक छक्का लगाया। हैम्पशायर ने 50 ओवर में 383/9 का स्कोर खड़ा कर दिया। यह हैम्पशायर का लिस्ट-ए क्रिकेट में दूसरा सबसे बड़ा स्कोर है। टीम का सबसे बड़ा स्कोर 396/5 है। यह 2022 में केंट के खिलाफ बनाया गया था। ससेक्स 51 रन से हारा ससेक्स की शुरुआत खराब रही। टॉम हेन्स और ओली कार्टर जल्दी आउट हो गए। इसके बाद चार्ली टियर ने पारी संभाली। उन्होंने 94 गेंदों पर 111 रन बनाए। टियर ने 13 चौके और 2 छक्के लगाए। 20 ओवर के बाद ससेक्स का स्कोर 146/2 था। टियर के आउट होने के बाद जैक लीनिंग ने 92 रन बनाए। डैन इब्राहिम ने 55 रन की पारी खेली। दोनों ने ससेक्स की पारी को संभालने की कोशिश की। लेकिन जरूरी रन रेट लगातार बढ़ता गया। इसके बाद ससेक्स 332 रन पर ऑलआउट हो गई। हैम्पशायर ने मुकाबला 51 रन से जीत लिया। ससेक्स की 7 मैचों में छठी हार इस हार के साथ ससेक्स के लिए टूर्नामेंट में मुश्किलें बढ़ गई हैं। टीम ने अब तक 7 मैच खेले हैं। इनमें उसे सिर्फ एक जीत मिली है। यह उसकी छठी हार रही। दूसरी ओर हैम्पशायर की यह टूर्नामेंट में चौथी जीत है। इस जीत के साथ उसकी नॉकआउट में पहुंचने की उम्मीदें मजबूत हुई हैं। -----------------------स्पोर्ट्स की यह खबर भी पढ़ें…सरफराज खान 2 साल बाद भारतीय टीम में शामिल बैटर सरफराज खान को दो साल बाद टीम इंडिया में जगह मिली है। उन्हें श्रीलंका दौर पर चोटिल साई सुदर्शन की जगह शामिल किया गया। BCCI ने रविवार शाम को इसकी जानकारी दी। पूरी खबर…
टेनिस कोर्ट पर भी एआई:विरोधी की कमजोरी पता करने उपयोग कर रहे खिलाड़ी; कई के लिए साबित हुआ गेम चेंजर
एआई ने हमारी जिंदगी और जानकारी जुटाने का तरीका पूरी तरह बदल दिया है। खेलों की दुनिया, खासकर टेनिस में इसका असर साफ दिख रहा है। अब टेनिस स्टार्स अपनी ट्रेनिंग, रणनीति और रोजमर्रा के कामों में एआई का खूब इस्तेमाल कर रहे हैं। हालांकि, इसे लेकर खिलाड़ियों की राय बंटी हुई है। कुछ इसे गेम-चेंजर मानते हैं, तो कुछ के मुताबिक यह इंसानों को आलसी बना रहा है। ब्रिटेन की एमा राडुकानू एआई की बड़ी फैन हैं। वह इतिहास, कला और ट्रांसलेशन जैसे सवालों के लिए इसका इस्तेमाल करती हैं। उन्होंने स्पॉटिफाई की तर्ज पर एआई से अपना पर्सनैलिटी एनालिसिस तक करवा लिया और इसके सटीक नतीजे देखकर हैरान रह गईं कि एआई उनके बारे में कितना कुछ जानता है। अमेरिका की जेसिका पेगुला ने बताया कि उनके पति अक्सर विरोधी खिलाड़ियों की एआई-जनरेटेड रिपोर्ट बनाते हैं। उनके मुताबिक, कई खिलाड़ी विरोधियों की टेक्निक को डिकोड करने के लिए एआई टूल्स का सहारा ले रहे हैं। 2019 की यूएस ओपन चैम्पियन बियांका आंद्रेस्कू ने हाल ही में एक गुमनाम विरोधी की रणनीति समझने के लिए एआई की मदद ली। चूंकि इंटरनेट पर उस खिलाड़ी के वीडियो कम थे, इसलिए एआई रिसर्च उनके लिए काफी मददगार साबित हुई। टेनिस जगत में एआई का इस्तेमाल सिर्फ खेल तक सीमित नहीं है। स्टार खिलाड़ी इगा स्वातेक अपने ईमेल ड्राफ्ट करने के लिए इसका उपयोग करती हैं। वहीं, एलिना स्वितोलिना ने तो हाल ही में एआई से फैशन टिप्स लेते हुए यह तक पूछ लिया कि उन पर कौन-से रंग के कपड़े सबसे ज्यादा जंचेंगे। एटीपी ने भी खिलाड़ियों के प्रदर्शन और शॉट क्वालिटी का डेटा निकालने के लिए ‘टेनिस आईक्यू’ प्लेटफॉर्म लॉन्च किया है। हालांकि, कोर्ट पर एआई की सलाह हर किसी को रास नहीं आती। दिग्गज डेनियल मेदवेदेव ने एआई से कार्लोस अल्कारेज और यानिक सिनर को हराने का तरीका पूछा। मेदवेदेव के मुताबिक, एआई की सलाह महज किताबी थी, जिसे कोर्ट पर लागू करना लगभग नामुमकिन है। कई खिलाड़ी इससे दूरी भी बना रहे हैं। मेदवेदेव और 2017 की फ्रेंच ओपन विजेता येलेना ओस्टापेंको का मानना है कि एआई लोगों को इतना आलसी बना रहा है कि वे बस सोफे पर बैठकर इसके सहारे जिंदगी जीना चाहते हैं। फ्रांसेस टियाफो अब भी जानकारी के लिए गूगल सर्च का ही इस्तेमाल करते हैं। कुछ खिलाड़ियों ने पर्यावरण के लिए एआई से दूरी बनाई नाओमी ओसाका और कोको गॉफ जैसे सितारे पर्यावरण को लेकर भी चिंतित हैं। उनका कहना है कि एआई सर्वर को चलाने में भारी मात्रा में पानी खर्च होता है और वे धरती के पानी को बचाना चाहती हैं, इसलिए वे इस तकनीक का बेवजह इस्तेमाल करके अपने क्लिक्स बर्बाद नहीं करना चाहतीं।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार को राष्ट्रीय राजधानी में अपने आवास पर 2026 कॉमनवेल्थ गेम्स में हिस्सा लेने वाले भारतीय दल की मेज़बानी की। पदक जीतने वालों की कोशिशों की तारीफ़ करते हुए, पीएम मोदी ने कहा कि ग्लासगो में उनके प्रदर्शन ने अगली पीढ़ी को प्रेरित किया है। बातचीत के दौरान, भारतीय बॉक्सर नरेंद्र बेरवाल ने 2015 के वर्ल्ड मिलिट्री गेम्स का एक मज़ेदार किस्सा सुनाया, जब उन्होंने एक पाकिस्तानी प्रतिद्वंद्वी को हराया था; इस किस्से को सुनकर पीएम मोदी की हंसी छूट पड़ी। इसे भी पढ़ें: Sanveer Singh बने Sher-e-Punjab T20 League के सबसे महंगे खिलाड़ी, फाजिल्का फाल्कन्स ने खरीदा बेरवाल ने बताया कि पाकिस्तानी मुक्केबाज को हराने के बाद, दोनों को मुकाबलों के दौरान चोटें आईं और उन्हें टांके लगवाने के लिए तुरंत अस्पताल ले जाया गया। संयोग से, खेलों में बेरवाल के साथ आए सेना के कोच का नाम भी नरेंद्र (राणा) था। बेरवाल ने प्रधानमंत्री मोदी को बताया कि मेरा पहला मुकाबला पाकिस्तान के खिलाफ था। मुझे सेना से फोन आया कि आप पाकिस्तानी प्रतिद्वंद्वी से नहीं हार सकते। मैंने वह मुकाबला जीत लिया, लेकिन हमें चोटें आईं और टांके लगवाने के लिए अस्पताल जाना पड़ा। बेरवाल ने आगे कहा कि आप 2014 में पहली बार प्रधानमंत्री बने। हमारे साथ (सैन्य खेलों के लिए) सेना के कोच नरेंद्र राणा थे। कुछ देर बाद, उस (पाकिस्तानी मुक्केबाज) ने कहा, ‘भाईजान आपका नाम नरेंद्र है, आपके कोच का नाम नरेंद्र है, आपके प्रधानमंत्री का नाम नरेंद्र है तो मुझे नरेंद्र नाम से नफरत हो गई है। बरवाल ने पुरुषों के +90 किग्रा इवेंट में सिल्वर मेडल जीता। इसके साथ ही CWG 2026 में भारतीय मुक्केबाजों का रिकॉर्ड-तोड़ प्रदर्शन पूरा हुआ, जिसमें उन्होंने सात गोल्ड और तीन सिल्वर समेत कुल 10 मेडल जीते। इसे भी पढ़ें: Rohit Sharma के World Cup 2027 खेलने पर Ajinkya Rahane की खरी-खरी: 'बार-बार सवाल उठाकर न पैदा करें Confusion' बेरवाल भारतीय सेना के जूनियर कमीशंड ऑफिसर (JCO) हैं, जिन्होंने 2022 एशियाई खेलों में ब्रॉन्ज़ मेडल जीता था। इसके अलावा, वह एशियाई चैंपियनशिप में भी दो बार मेडल जीत चुके हैं। हाल ही में हुए CWG 2026 में अंकुश पांघल, सचिन सिवाच, जैस्मिन लंबोरिया, प्रीति पवार, साक्षी चौधरी, अरुंधति चौधरी और प्रिया घांघस ने गोल्ड मेडल जीते, जबकि ओलंपिक मेडलिस्ट लवलीना बोरगोहेन और जादुमनी सिंह ने एक-एक सिल्वर मेडल जीता। For more Sports News in Hindi Today please click #WATCH | Pakistani boxer said to me 'Aapka naam Narender hai, aapke coach ka naam Narender hai, aapke Pradhan Mantri ka naam Narendra hai. Mujhe Narendra naam se nafrat ho gayi hai'... says Heavyweight boxer and silver medallist Narender Berwal narrating his conversation with a… pic.twitter.com/qvmwO5D2sz — ANI (@ANI) August 10, 2026
कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में भारत का प्रदर्शन यादगार रहा। स्कॉटलैंड के ग्लासगो में देश ने 13 गोल्ड समेत कुल 39 मेडल अपने नाम किए। रविवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने आवास पर भारत के लिए मेडल जीतने वाले सभी खिलाड़ियों से मुलाकात की। इस दौरान पीएम मोदी ने कारगिल विजय दिवस पर पाकिस्तानी मुक्केबाज को हराने के लिए जदुमणि सिंह की प्रशंसा की।
घुटने की चोट के कारण सिनसिनाटी ओपन से हटे यानिक सिनर
दुनिया के नंबर एक खिलाड़ी यानिक सिनर दाहिने घुटने की चोट के कारण सिनसिनाटी ओपन से हट गए हैं। टूर्नामेंट के आयोजकों ने पुष्टि की है कि इटली का यह स्टार टेनिस खिलाड़ी टूर्नामेंट में हिस्सा नहीं ले पाएगा।
इंटरनेट डेस्क। भारत और श्रीलंका के बीच दो मैचों की टेस्ट सीरीज का आगाज 15 अगस्त से होना है। इससे पहले भारतीय टीम ने कोलंबो में श्रीलंका क्रिकेट इलेवन के खिलाफ तीन दिवसीय प्रैक्टिस मैच खेलकर अपनी तैयारियों को अंतिम रूप दिया। मुकाबले के तीसरे दिन (9 अगस्त) मैदान पर एक ऐसा चेहरा दिखाई दिया, जिसका भारतीय क्रिकेट से बेहद खास रिश्ता रहा है। श्रीलंका के मौजूदा हेड कोच गैरी कर्स्टन भारतीय टीम का अभ्यास मुकाबला देखने के लिए एनसीसी ग्राउंड पहुंचे थे। भारतीय टीम को अपनी कोचिंग में क्रिकेट वर्ल्ड कप 2011 का खिताब दिलाने वाले गैरी कर्स्टन कभी मेन इन ब्लू के ड्रेसिंग रूम का हिस्सा थे। अब परिस्थितियां पूरी तरह बदल चुकी है,. आगामी टेस्ट सीरीज में वह श्रीलंका के खेमे में होंगे और भारत को हराने की रणनीति तैयार करेंगे। ऐसे में प्रैक्टिस मैच में उनकी मौजूदगी ने खासा ध्यान खींचा। कर्स्टन ने मैदान पर पहुंचने के बाद किसी तरह की हलचल पैदा नहीं की। वह चुपचाप बाउंड्री लाइन के पास टहलते हुए भारतीय खिलाड़ियों को देखते रहे। शुरुआत में बहुत कम लोगों का ध्यान गैरी कर्स्टन की ओर गया, लेकिन वहां मौजूद भारतीय मीडिया ने जल्द ही उन्हें पहचान लिया। इसके बाद कुछ लोगों ने उनके साथ तस्वीरें लीं और साउथ अफ्रीका के पूर्व क्रिकेटर ने भी किसी को निराश नहीं किया। PC- indianexpress.com
नई दिल्ली, 10 अगस्त (आईएएनएस)। कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में भारत का प्रदर्शन यादगार रहा। स्कॉटलैंड के ग्लासगो में देश ने 13 गोल्ड समेत कुल 39 मेडल अपने नाम किए। रविवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने आवास पर भारत के लिए मेडल जीतने वाले सभी खिलाड़ियों से मुलाकात की। इस दौरान पीएम मोदी ने कारगिल विजय दिवस पर पाकिस्तानी मुक्केबाज को हराने के लिए जदुमणि सिंह की प्रशंसा की।
कॉमनवेल्थ गेम्स में रजत पदक जीतने वाले भारतीय मुक्केबाज नरेंद्र ने पीएम मोदी को 2015 के वर्ल्ड मिलिट्री गेम्स का दिलचस्प किस्सा सुनाया।
'जो खेलेगा वो खिलेगा!' CWG 2026 के मेडलिस्ट से मिले PM मोदी; खिलाड़ियों के परफॉर्मेंस की तारीफ की
pc: navrashtra स्कॉटलैंड के ग्लासगो में हुए 2026 कॉमनवेल्थ गेम्स में भारतीय एथलीटों ने शानदार प्रदर्शन करते हुए कुल 39 मेडल जीते। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार, 9 अगस्त को प्रधानमंत्री आवास पर सभी मेडल विजेताओं से मुलाकात की। उन्होंने एथलीटों को मेडल जीतने पर बधाई दी और उनके प्रदर्शन की तारीफ की। उन्होंने सोशल मीडिया पर एक वीडियो शेयर करते हुए कहा, 'जो खेलेगा वो खिलेगा'। उन्होंने यह भी कहा कि इन एथलीटों की सफलता देश के कई युवाओं को प्रेरित करेगी। जो खेलेगा वो खिलेगा… 2026 कॉमनवेल्थ गेम्स के मेडल विजेताओं से मिलने के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोशल मीडिया पर एक वीडियो शेयर किया है। वीडियो में साक्षी चौधरी ने कहा, नमस्ते दोस्तों, आज प्रधानमंत्री सर ने कॉमनवेल्थ गेम्स के मेडल विजेताओं को बुलाया है और हम सभी को बहुत गर्व है। मोदी ने आगे कहा कि जो खेलेगा वो खिलेगा। देश का हमेशा हौसला बढ़ाएं। इसके बाद प्रधानमंत्री मोदी ने 'भारत माता की जय' का नारा दिया, जिसे उनके साथ मौजूद सभी एथलीटों ने दोहराया। यह वीडियो कॉमनवेल्थ गेम्स में गोल्ड मेडलिस्ट साक्षी चौधरी ने रिकॉर्ड किया था और उन्होंने इस विज़िट के लिए प्राइम मिनिस्टर मोदी को धन्यवाद दिया। मेडल टैली में भारत चौथे स्थान पर रहा भारत ने ग्लासगो में कुल 39 मेडल जीते, जिसमें 13 गोल्ड, 17 सिल्वर और नौ ब्रॉन्ज़ मेडल शामिल हैं। भारत मेडल टैली में चौथे स्थान पर रहा। हालांकि, इस बार कॉमनवेल्थ गेम्स का प्रोग्राम बहुत लिमिटेड था और रेसलिंग, बैडमिंटन, टेबल टेनिस, हॉकी और शूटिंग जैसे स्पोर्ट्स, जिनमें भारत के लिए मेडल की ज़्यादा उम्मीद थी, उन्हें शामिल नहीं किया गया। ऐसे में भी भारत ने शानदार परफॉर्म किया और 39 मेडल जीते। भारत ने मुख्य रूप से बॉक्सिंग, जूडो, एथलेटिक्स और पैरा-एथलेटिक्स में ज़बरदस्त परफॉर्म किया। अब सभी की नज़रें जापान में होने वाले आने वाले एशियन गेम्स (Asian Games 2026) पर हैं। जहां भारतीय एथलीटों से शानदार परफॉर्म करने की उम्मीद है। बॉक्सिंग में भारत का शानदार परफॉर्मेंस बॉक्सिंग भारत के सबसे सफल स्पोर्ट्स में से एक था। भारतीय बॉक्सर्स ने कुल 10 मेडल जीते, जिसमें सात गोल्ड और तीन सिल्वर मेडल शामिल हैं। गोल्ड मेडलिस्ट में प्रीति पवार (54 kg), जैस्मीन लैम्बोरिया (57 kg), साक्षी चौधरी (51 kg), प्रिया घनघस (60 kg), अरुंधति चौधरी (70 kg), सचिन सिवाच (60 kg) और अंकुश पंघाल (80 kg) शामिल थे। सिल्वर मेडलिस्ट में जदुमणि सिंह (55 kg), लवलीना बोरगोहेन (75 kg) और नरिंदर बरवाल (90+ kg) शामिल थे। भारतीय महिला बॉक्सर्स ने कॉमनवेल्थ गेम्स के एक ही एडिशन में सात गोल्ड मेडल जीतकर अपनी अब तक की सबसे अच्छी कामयाबी हासिल की।
नई दिल्ली, 10 अगस्त (आईएएनएस)। कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में अपने बेहतरीन प्रदर्शन से देश का नाम रोशन करने वाले खिलाड़ियों से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोमवार को मुलाकात की है। बॉक्सिंग में देश को सिल्वर मेडल दिलाने वालीं लवलीना बोरगोहेन से भी प्रधानमंत्री मिले।
जोश हेजलवुड बांग्लादेश के खिलाफ 2 मैचों की टेस्ट सीरीज में अपनी गेंदबाजी का जलवा बिखेरते नजर आएंगे। इस दौरान हेजलवुड के पास बड़ा कमाल करने का बेहतरीन मौका होगा।
राष्ट्रमंडल खेल 2026 के दौरान ग्लासगो के एक रेस्तरां में भारत के गलत नक्शे पर लवलीना बोरगोहेन ने आपत्ति जताई और उसे बदलने का अनुरोध किया।

