बलरामपुर में ईद-उल-अजहा (बकरीद) की नमाज शांतिपूर्ण और सौहार्दपूर्ण माहौल में संपन्न हुई। पुलिस अधीक्षक विकास कुमार के नेतृत्व और अपर पुलिस अधीक्षक विशाल पाण्डेय की निगरानी में जिले भर में सुरक्षा व्यवस्था चाक-चौबंद रही। अधिकारियों ने शहर और विभिन्न मस्जिदों तथा ईदगाहों का दौरा कर सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया। ड्यूटी पर तैनात पुलिसकर्मियों को सतर्क रहने के निर्देश दिए गए। संवेदनशील स्थानों पर पर्याप्त पुलिस बल तैनात किया गया था, साथ ही ड्रोन कैमरों और सीसीटीवी से भी निगरानी रखी गई, जिससे कानून-व्यवस्था बनी रही। 4 तस्वीरें देखिए- अपर पुलिस अधीक्षक ने तुलसीपुर सर्किल का भी भ्रमण किया। क्षेत्राधिकारी तुलसीपुर डॉ. जितेंद्र कुमार की देखरेख में थाना पचपेड़वा क्षेत्र में भी त्योहार शांतिपूर्ण रहा। पुलिस प्रशासन ने प्रमुख धार्मिक स्थलों और संवेदनशील इलाकों का लगातार निरीक्षण कर आमजन में सुरक्षा और विश्वास का माहौल बनाए रखा। त्योहार के अवसर पर पुलिसकर्मियों ने बच्चों को बिस्कुट और चॉकलेट वितरित किए। इस पहल से बच्चों के चेहरों पर खुशी देखी गई, जो पुलिस की संवेदनशीलता को दर्शाता है। इस दौरान क्षेत्राधिकारी नगर श्रीमती ज्योति श्री, क्षेत्राधिकारी तुलसीपुर, प्रभारी निरीक्षक थाना पचपेड़वा समेत बड़ी संख्या में पुलिस बल मौजूद था। अधिकारियों ने क्षेत्रवासियों को ईद-उल-अजहा की शुभकामनाएं दीं और आपसी भाईचारा, प्रेम तथा शांति बनाए रखने की अपील की।
पानीपत और आस-पास के क्षेत्रों के यात्रियों के लिए आज का दिन बेहद खास होने जा रहा है। पूरे जिले के लोगों को आज से अत्याधुनिक, प्रदूषण मुक्त और आरामदायक सफर का तोहफा मिलने जा रहा है। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी आज दोपहर पुराना बस अड्डा प्रांगण में नवनिर्मित इलेक्ट्रिक बस डिपो का भव्य उद्घाटन करेंगे। इसके साथ ही वे पानीपत, पंचकूला, सोनीपत, यमुनानगर और कुरुक्षेत्र जिलों के लिए कुल 80 लो-फ्लोर एसी इलेक्ट्रिक (ई-बस) बसों को हरी झंडी दिखाकर रवाना करेंगे। इनमें 40 बसें अकेले पानीपत की हैं, जबकि 5 एसी बसें पहले से चल रही हैं। इस तरह अब पानीपत में कुल 45 ई-बसें 13 विभिन्न रूट्स पर दौड़ेंगी। इस उद्घाटन कार्यक्रम में केंद्रीय मंत्री मनोहर लाल, परिवहन मंत्री और अनिल विज भी शिरकत करेंगे। सुरक्षा के लिए 7 CCTV और SOS अलार्म ये बसें जेबीएम (JBM) कंपनी की हैं, जो एक बार फुल चार्ज होने पर 150 किलोमीटर तक चल सकेंगी। यात्रियों की सुरक्षा के लिए प्रत्येक बस में 7 सीसीटीवी कैमरे और हर सीट पर SOS इमरजेंसी अलार्म बटन की सुविधा दी गई है। इमरजेंसी में बटन दबाते ही सबसे पहले ड्राइवर और फिर सीधे डिपो के कंट्रोल रूम को सूचना जाएगी। इन बसों के लिए 110 ड्राइवर कंपनी के होंगे, जबकि कंडक्टर हरियाणा रोडवेज के होंगे, जिनमें दो महिला कंडक्टरों (सोनिया और रजनी) का भी चयन हुआ है. जब तक इलेक्ट्रॉनिक टिकटिंग मशीन शुरू नहीं होती, तब तक कंडक्टर खुद टिकट काटकर देंगे। नियम व शर्तें- कोई भी पास मान्य नहीं पानीपत रोडवेज डिपो के जीएम विक्रम कंबोज ने साफ किया है कि इन एसी ई-बसों में सामान्य रोडवेज बसों में चलने वाले हैप्पी कार्ड, सीनियर सिटीजन पास या अन्य कोई भी पास मान्य नहीं होगा। 5 साल तक के बच्चों का सफर पूरी तरह मुफ्त रहेगा, जबकि 5 से 12 साल तक के बच्चों की आधी टिकट लगेगी। किस रूट पर चलेंगी कितनी बसें? पानीपत से शामली (वाया जाटल): 8 बसें, पानीपत से गोहाना (वाया इसराना): 6 बसें, पानीपत से करनाल (वाया घरौंडा): 5 बसें, पानीपत से सफीदों (वाया मतलौडा): 4 बसें, पानीपत से सिंधू बॉर्डर (दिल्ली सीमा): 4 बसें और पानीपत से सोनीपत: 3 बसें। पानीपत लोकल रूट्स नया बस अड्डा से टोल प्लाजा (8 बसें), पानीपत-बापौली (2 बसें), असंध नाका से निंबरी (2 बसें), पानीपत-बरसत (1 बसें), असंध नाका से टोल प्लाजा (1 बसें) तथा नया बस अड्डा सिवाह से गढ़ी सिकंदरपुर वाया काबड़ी (1 बस)।
प्रतापगढ़ में गुरुवार को बकरीद का पर्व पारंपरिक, शांतिपूर्ण और सौहार्दपूर्ण वातावरण में मनाया गया। जिले भर में ईदगाहों और मस्जिदों में मुस्लिम समुदाय के लोगों ने बड़ी संख्या में नमाज अदा की। भूलियापुर ईदगाह सहित अन्य प्रमुख स्थलों पर नमाज के दौरान भारी भीड़ उमड़ी। सुरक्षा व्यवस्था के तहत शहर से लेकर गांव तक ड्रोन कैमरे से निगरानी की गई। बाजार मोहल्लों की मस्जिदों में पुलिस बल तैनात किए गए थे। नमाजियों ने देश में अमन-चैन, तरक्की और खुशहाली के लिए दुआएं मांगीं। नमाज के बाद लोगों ने एक-दूसरे को गले लगाकर बकरीद की मुबारकबाद दी और भाईचारे का संदेश दिया। इस दौरान बच्चों और युवाओं में भी खासा उत्साह देखा गया। पर्व के अवसर पर जिला प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद रहा। जिलाधिकारी अभिषेक पांडेय और पुलिस अधीक्षक दीपक भूकर ने स्वयं ईदगाह पहुंचकर व्यवस्थाओं का जायजा लिया। किसी भी प्रकार की अव्यवस्था से निपटने के लिए उनके साथ भारी पुलिस बल भी तैनात था। जिले के सभी प्रमुख ईदगाहों और मस्जिदों के आसपास सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए थे। पुलिस बल, पीएसी और स्थानीय प्रशासनिक टीमें लगातार निगरानी कर रही थीं। संवेदनशील क्षेत्रों में विशेष सतर्कता बरती गई और ड्रोन व सीसीटीवी कैमरों से भी निगरानी की गई। प्रशासनिक अधिकारियों ने लगातार भ्रमण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया और संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। पूरे जिले में कहीं से भी किसी अप्रिय घटना की सूचना नहीं मिली, जिससे यह पर्व शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुआ। इस प्रकार, प्रतापगढ़ में बकरीद का त्योहार आपसी प्रेम, सद्भाव और भाईचारे के साथ मनाया गया, जिसने समाज में एकता और सौहार्द का सकारात्मक संदेश दिया।
औरैया में ईद-उल-अजहा की नमाज अदा की गई:भीड़ के कारण दो शिफ्ट में हुई नमाज; डीएम-एसपी ने दी मुबारकबाद
गुरुवार सुबह तिलक नगर जमालशाह में ईद-उल-अजहा की नमाज अदा की गई। इस बार भीड़ को देखते हुए नमाज दो शिफ्ट में अदा करने का ऐलान किया गया था, जिसके तहत मुस्लिम समुदाय के लोगों ने नमाज पढ़ी। पहली शिफ्ट सुबह 7 बजे हुई, जिसकी इमामत हज़रत गुलाम समद मियां चिश्ती ने की। दूसरी शिफ्ट सुबह 7:45 बजे आयोजित की गई, जिसकी इमामत कारी मुशीर साहब ने कराई। नमाज अदा करने के दौरान मुस्लिम भाइयों ने अल्लाह से मुल्क में अमन और चैन कायम रहने की दुआ मांगी। इस अवसर पर जिलाधिकारी बृजेश कुमार, पुलिस अधीक्षक अभिषेक भारती, अपर जिलाधिकारी, सीओ सिटी अशोक कुमार, अधिशासी अधिकारी नगर पालिका राम आसरे कमल सहित कई जनप्रतिनिधि और समाजसेवी मौजूद रहे। समाजवादी पार्टी के जिला अध्यक्ष सर्वेश बाबू गौतम, लालजी शुक्ला, महेंद्र त्रिपाठी, नगर पालिका अध्यक्ष अनूप गुप्ता, फंटू दीक्षित, चंद्रनील शुक्ला, गनेश सिंह और कुल्लन नेता जैसे प्रमुख लोगों ने मुस्लिम भाइयों को गले लगाकर ईद की मुबारकबाद दी।
बुलंदशहर जिले में ईद उल अजहा का त्योहार शांतिपूर्ण ढंग से मनाया गया। नगर की ईदगाह मस्जिद सहित जिले की 155 ईदगाहों और 590 मस्जिदों में ईद की नमाज अदा की गई। नमाज के दौरान देश में अमन-चैन की दुआ मांगी गई। जिलाधिकारी कुमार हर्ष और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक दिनेश कुमार सिंह ने कैंप लगाकर लोगों को ईद की बधाई दी। इस अवसर पर कांग्रेस जिलाध्यक्ष एडवोकेट जियाउर्रहमान, सुभाष गांधी और श्योपाल सिंह सहित अन्य गणमान्य व्यक्तियों ने भी शुभकामनाएं दीं। त्योहार के मद्देनजर शहर में सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए थे। डीएम, एसएसपी, एसपी देहात, एसडीएम और सीओ सहित भारी पुलिस बल और पीएसी को तैनात किया गया था। पुलिस ड्रोन कैमरों से भी निगरानी कर रही थी ताकि शांति व्यवस्था बनी रहे। 7 तस्वीरें देखिए… जिलाधिकारी कुमार हर्ष और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक दिनेश कुमार सिंह ने थाना कोतवाली नगर क्षेत्र का भ्रमण कर सुरक्षा व्यवस्थाओं का जायजा लिया। उन्होंने ड्यूटी पर तैनात पुलिस बल को आवश्यक दिशा-निर्देश भी दिए। नगर पालिका बुलंदशहर द्वारा लगाए गए कैंप में उपस्थित रहकर अधिकारियों ने नमाज अदा कर लौट रहे लोगों को ईद की शुभकामनाएं दीं। लोगों ने नमाज अदायगी के लिए की गई व्यवस्थाओं के लिए जिला प्रशासन का आभार व्यक्त किया। शहर इमाम ने मुस्लिम समाज के लोगों से कुर्बानी के वीडियो सोशल मीडिया पर पोस्ट न करने की अपील की। सीओ सिटी प्रखर पांडेय ने शहर में पैदल मार्च निकालकर लोगों से शांति और भाईचारे के साथ त्योहार मनाने का आग्रह किया। इस दौरान अपर पुलिस अधीक्षक नगर अभिषेक प्रताप अजेय और सीओ सिटी प्रखर पांडेय भी मौजूद रहे।
चंदौली में अदा की गई बकरीद की नमाज:बुजुर्गों-युवाओं और बच्चों ने गले मिलकर दी मुबारकबाद
चंदौली जिले में गुरुवार को बकरीद का पर्व मुस्लिम समुदाय द्वारा उत्साहपूर्वक मनाया गया। जनपद के सभी ईदगाहों और मस्जिदों में बकरीद की नमाज शांतिपूर्ण और अकीदत के साथ संपन्न हुई। नमाज के बाद बुजुर्गों, युवाओं और बच्चों ने एक-दूसरे को गले लगाकर पर्व की बधाई दी। जिला मुख्यालय के सकलडीहा रोड स्थित शाही मस्जिद ईदगाह पर सुबह भारी संख्या में मुस्लिम समुदाय के लोग नमाज अदा करने पहुंचे। मौलाना ने नमाज पढ़ाई और लोगों से प्रतिबंधित पशुओं की कुर्बानी न करने की गुजारिश की। जिला प्रशासन और पुलिस ने पर्व को लेकर कई दिनों पहले से ही सुरक्षा व्यवस्था की तैयारियां कर रखी थीं। लोग बोले- कानून का सम्मान करते हैं मुस्लिम समुदाय के साजिद ने बताया कि इस्लाम धर्म ईमान और सौहार्द कायम रखने का संदेश देता है। उन्होंने कहा कि हम जिस देश में रहते हैं, उसके कानून का हमेशा सम्मान करते हैं। साजिद ने अपने समुदाय के लोगों से शांति और प्रेम के साथ बकरीद मनाने की अपील की। उन्होंने यह भी गुजारिश की कि प्रतिबंधित पशुओं की कुर्बानी न की जाए और कुर्बानी से संबंधित कोई भी फोटो या वीडियो सोशल मीडिया पर अपलोड न किया जाए। नायब तहसीलदार अमित कुमार ने बताया कि ईद की नमाज शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के लिए जिला प्रशासन और पुलिस पूरी तरह चौकन्ना थे। उन्होंने लोगों से आपसी भाईचारा बनाए रखने की अपील की। नमाज अदा होने के बाद लोगों के अपने घरों को रवाना होने पर पुलिसकर्मियों ने राहत की सांस ली। कुछ और तस्वीरों में देखें बकरीद की नमाज
जौनपुर में गुरुवार को ईद उल अजहा का त्योहार उत्साह के साथ मनाया गया। जिले भर की 123 ईदगाहों और 292 मस्जिदों में नमाज अदा की गई। मुख्य नमाज मछलीशहर स्थित शाही ईदगाह में सुबह 8:15 बजे हुई, जिसमें हजारों की संख्या में लोग शामिल हुए। कस्बों और ग्रामीण इलाकों की मस्जिदों में भी सामूहिक नमाज अदा की गई। शाही ईदगाह पर बड़ी मस्जिद के कारी जलालुद्दीन ने नमाज के बाद खुतबा दिया और दुआ करवाई। इस दौरान अकीदतमंदों ने देश में अमन, चैन और भाईचारा बनाए रखने की दुआ मांगी। नमाज के बाद घरों में बकरों की कुर्बानी दी गई। त्योहार के मद्देनजर जिला प्रशासन पूरी तरह अलर्ट रहा। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) कुंवर अनुपम सिंह ने बताया कि ड्रोन कैमरों से निगरानी की गई और सभी संवेदनशील स्थानों पर कड़ी सुरक्षा व्यवस्था तैनात रही। पूर्व सांसद श्याम सिंह यादव ने क्षेत्रवासियों को ईद-उल-अजहा की मुबारकबाद दी। उन्होंने इस पर्व को त्याग, सेवा और आपसी भाईचारे का प्रतीक बताया और सभी से मिलजुल कर त्योहार मनाने की अपील की। स्थानीय लोगों ने कुर्बानी के महत्व पर प्रकाश डालते हुए बताया कि यह हर उस मुसलमान मर्द और औरत के लिए जरूरी है, जिनके पास एक निश्चित रकम या उसके बराबर की संपत्ति (सोना, चांदी या नकद) हो। इसे आर्थिक क्षमता से जुड़ी एक धार्मिक जिम्मेदारी माना जाता है। त्योहार को लेकर बच्चों में विशेष उत्साह देखा गया। नए कपड़ों में सजे बच्चे इठलाते हुए और ईदी में मिले उपहारों की चर्चा करते हुए नजर आए। जिलाधिकारी सैमुअल पाल एन और पुलिस अधीक्षक कुंवर अनुपम सिंह ने स्वयं विभिन्न क्षेत्रों का दौरा कर सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया। संवेदनशील क्षेत्रों में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया था और अधिकारियों को सतर्क रहने के निर्देश दिए गए थे।
एमपीआरडीसी ने सरदारपुर-बदनावर में खुदाई रोकी:पाइपलाइन बिछाने में मनमानी पर ठेकेदार को नोटिस
धार जिले के सरदारपुर-भेसोला स्टेट हाईवे पर सड़क किनारे हो रही खुदाई और उससे बढ़ते हादसों के खतरे को लेकर दैनिक भास्कर डिजिटल की खबर के बाद एमपीआरडीसी ने कार्रवाई की है। विभाग ने मध्य प्रदेश जल निगम मर्यादित के ठेकेदार को नोटिस जारी कर सरदारपुर-बदनावर मार्ग (एसएच-65) पर पाइपलाइन बिछाने का कार्य तत्काल प्रभाव से रोकने का निर्देश दिया है। एमपीआरडीसी द्वारा जारी पत्र में उल्लेख किया गया है कि ग्राम लाबरिया से राजोद के बीच जल निगम के ठेकेदार द्वारा सड़क के साइड शोल्डर पर गहरे गड्ढे कर पाइपलाइन डाली जा रही थी। खुदाई से निकली मुरम और मिट्टी सड़क पर फैला दी गई थी, जिससे वाहन चालकों के लिए लगातार दुर्घटना का जोखिम बना हुआ था। विशेषकर दोपहिया वाहन चालक फिसलकर चोटिल हो रहे थे। विभाग ने यह भी माना कि सड़क के शोल्डर को खोदने से न केवल सड़क की संरचना कमजोर हो रही थी, बल्कि शासकीय संपत्ति को भी नुकसान पहुंच रहा था। पत्र में स्पष्ट किया गया है कि एमपीआरडीसी की विधिवत अनुमति के बिना कोई भी खुदाई कार्य नहीं किया जा सकता। सड़क या शोल्डर पर कार्य करने की आवश्यकता होने पर निर्धारित मापदंडों और सुरक्षा नियमों का पालन अनिवार्य है। एमपीआरडीसी ने ठेकेदार को निर्देश दिए हैं कि जहां-जहां खुदाई की गई है, वहां तत्काल मानक अनुसार मरम्मत और सुधार कार्य किया जाए। साथ ही, सड़क पर फैली मुरम और मिट्टी को हटाकर मार्ग को सुरक्षित बनाया जाए। विभाग ने चेतावनी दी है कि यदि भविष्य में किसी प्रकार की दुर्घटना होती है, तो इसकी संपूर्ण जिम्मेदारी संबंधित ठेकेदार की होगी। गौरतलब है कि दैनिक भास्कर ने सड़क किनारे हो रही गहरी खुदाई, फैली मुरम और सुरक्षा इंतजामों की अनदेखी को लेकर लगातार खबरें प्रकाशित की थीं। स्थानीय लोगों ने भी चेतावनी संकेतों और रात में सुरक्षा व्यवस्था की कमी की शिकायत की थी। खबर प्रकाशित होने के बाद विभागीय कार्रवाई होने से क्षेत्र के लोगों को राहत मिली है।
फर्रुखाबाद में गुरुवार को बकरीद का त्योहार धूमधाम से मनाया गया। ईदगाहों और मस्जिदों में हजारों मुस्लिम धर्मावलंबियों ने नमाज अदा की और अमन-चैन की दुआ मांगी। इस दौरान जिले में सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए थे, जिसमें ड्रोन कैमरे से निगरानी और वरिष्ठ अधिकारियों की मौजूदगी शामिल थी। सुबह ईदगाहों और मस्जिदों में नमाज अदा की गई। पुरानी ईदगाह और नई ईदगाह में हजारों लोगों ने खुदा के दरबार में मुल्क में शांति और तरक्की के लिए दुआएं मांगीं। मुफ्ती मोअज्जम अली ने नमाज अदा कराते हुए कहा कि बकरीद अल्लाह की राह में कुर्बानी पेश करने का दिन है। उन्होंने अल्लाह से डरने और उनकी राह में खर्च करने का संदेश दिया। नमाज के बाद लोगों ने एक-दूसरे को बकरीद की मुबारकबाद दी। घरों में जानवरों की कुर्बानियां दी गईं और विभिन्न प्रकार के पकवान बनाए गए। ईदगाहों के आसपास मेले जैसा माहौल रहा, जहां बच्चों ने खिलौने और गुब्बारे खरीदे। त्योहार के दौरान सुरक्षा व्यवस्था चाक-चौबंद रही। जिलाधिकारी (डीएम) डॉ. अंकुर लाठर और पुलिस अधीक्षक (एसपी) आरती सिंह पुलिस बल के साथ ईदगाहों पर मुस्तैद रहीं। सिटी मजिस्ट्रेट पारुल तरार और सीओ सिटी अभय वर्मा सहित अन्य अधिकारी भी विभिन्न स्थानों पर सुरक्षा का जायजा लेते रहे। अधिकारियों ने लोगों को ईद की शुभकामनाएं भी दीं। बकरीद के त्योहार के मद्देनजर पूरे जिले को चार जोन और पंद्रह सेक्टरों में बांटा गया था। नमाज के दौरान ईदगाहों और उनके आसपास के क्षेत्रों में ड्रोन कैमरों से लगातार निगरानी की गई, ताकि किसी भी अप्रिय घटना को रोका जा सके। भाईचारे का दिया संदेशथाना मऊदरवाज़ा बीबीगंज क्षेत्र में नई ईदगाह में मुफ्ती हाज़ी सैय्यद मोअज्जम अली ने नमाज अदा कराई। पुरानी ईदगाह में मौलाना शमशाद चतुर्वेदी नमाज अदा कराई l खुतबा पढ़ते हुए हजरत इब्राहीम अलैहिस्सलाम की कुर्बानी की मिसाल को याद दिलाया। वहीं रकाबगंज तिराहा मस्ज़िद जान अली खान में शहर क़ाज़ी सैय्यद मुताहिर अली और मोहल्ला रकाबगंज दरगाह हज़रत अब्बास में मौलाना सदाकत हुसैन सैंथली ने नमाज पढ़ाई। सुनहरी मस्जिद मौलाना अब्बास अदा कराई l नमाज से पहले उलेमाओं ने तकरीर में रसूल-ए-पाक की सुन्नतों पर अमल करने और कुर्बानी की हिकमत समझने की बात कही।
लखनऊ में बिजली चोरी की जांच करने गई टीम पर लोगों ने हमला कर दिया। हमलावरों ने टीम में शामिल JE और कर्मचारियों को दौड़ा-दौड़ाकर बेलचे से पीटा। JE पर पालतू कुत्ता जर्मन शेफर्ड छोड़ दिया। कुत्ते ने उन्हें बुरी तरह से नोचा। हमले में JE समेत 5 बिजली कर्मी घायल हुए। उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया। घटना बुधवार शाम 4 बजे जानकीपुरम में हुई। JE अशोक कुमार ने मामले की पुलिस से शिकायत की है। इसके अलावा, सआदतगंज इलाके में चौपटिया स्थित तंबाकू मंडी में भी बिजली चोरी रोकने गई टीम पर करीब 40 लोगों ने हमला कर दिया। देखिए 5 तस्वीरें- अब विस्तार से पढ़िए घटनाक्रम... बिजली विभाग को कई दिनों से जानकीपुरम में कुछ उपभोक्ताओं द्वारा बिजली चोरी की घटना की सूचना मिल रही थी। बुधवार शाम करीब 4 बजे जेई अशोक कुमार अपनी टीम राधे श्याम यादव, आयुष गौड़, शिवम यादव, मनीष कुमार के साथ बिजली चोरी की जांच करने जानकीपुरम के नहर रोड पहुंचे। उपभोक्ता अजय दीक्षित पुत्र महेंद्र दीक्षित के घर जांच के लिए पहुंचे। आरोप है कि जेई ने मीटर दिखाने के लिए अजय से कहा लेकिन उन्होंने मना कर दिया। कुछ देर बाद वे मीटर दिखाने के लिए घर के अंदर जेई व उनके साथियों को ले गए, जहां उनके परिवार के अन्य सदस्य पहले से मौजूद थे। जांच के दौरान बिजली विभाग की टीम उनके परिजनों की कहासुनी हो गई। JE के शरीर पर कई गहरे जख्म हो गए जेई का आरोप है कि कहासुनी के बाद अजय और उनके परिजनों ने घर के अंदर ही उन लोगों के साथ मारपीट शुरू कर दी। हमलावरों ने बेलचे से वार किया। लात-घूंसों से पीटा। अजय ने अपने पालतू कुत्ते को उन पर छोड़ दिया। कुत्ते ने उन्हें बुरी तरह से नोचा। इससे उनके शरीर में गहरे जख्म हो गए। जेई का आरोप है कि हमलावरों ने उनका मोबाइल भी लूट लिया। किसी तरह से वे अपनी टीम के साथ जान बचाकर भागे। बाहर निकलकर पुलिस को सूचना दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने उन लोगों को अस्पताल पहुंचाया। जानकीपुरम थाना प्रभारी विनोद तिवारी ने बताया कि मामले में अजय दीक्षित और 4 अज्ञात के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है। मामले की जांच की जा रही है। सआदतगंज इलाके में भी बिजली टीम पर हमला दूसरी घटना, सआदतगंज के चौपटिया स्थित तंबाकू मंडी में हुई। यहां एसडीओ जितेंद्र गुर्जर और जेई खुर्शीद अनवर के नेतृत्व में टीम बिजली चेकिंग कर रही थी। जैसे ही कर्मचारियों ने खंभों से अवैध कटिया हटाना शुरू किया, जलील अहमद और अब्दुल खालिक ने 30-40 अज्ञात लोगों की भीड़ के साथ हमला बोल दिया। उग्र भीड़ ने सरकारी कागज फाड़ दिए और संविदाकर्मी संतोष यादव को घसीट-घसीटकर लात-घूसों और धारदार हथियार से पीटा। हमले में संतोष के चेहरे और शरीर पर गंभीर चोटें आई हैं। लेसा अधिकारियों ने सआदतगंज और जानकीपुरम थानों में नामजद व अज्ञात हमलावरों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई है। पुलिस आरोपियों की तलाश में दबिश दे रही है। ------------------------- यह खबर भी पढ़िए- लखनऊ में प्रॉपर्टी डीलर की गोली मारकर हत्या, CCTV:ऑफिस के सामने कनपटी पर फायरिंग, बाइक से भागे दोनों बदमाश लखनऊ में बुधवार दोपहर एक प्रॉपर्टी डीलर की गोली मारकर हत्या कर दी गई। वह अपने ऑफिस के सामने मोबाइल से बात कर रहे थे। तभी बदमाश ने पास आकर उनकी कनपटी पर फायर कर दिया। आसपास के लोगों ने बेसुध प्रॉपर्टी डीलर को अपेक्स ट्रॉमा सेंटर में पहुंचाया, जहां उन्होंने दम तोड़ दिया। वारदात पीजीआई थानाक्षेत्र के कल्ली पश्चिम की है। (पूरी खबर पढ़िए)
दिल्ली-अमृतसर नेशनल हाईवे पर राजपुरा के पास पतारसी कलां गांव में एक सड़क हादसा हुआ। माता वैष्णो देवी के दर्शन के लिए दिल्ली से कटड़ा जा रही एक वॉल्वो बस आगे चल रहे ट्राले से टकरा गई। टक्कर इतनी भीषण थी कि बस का अगला हिस्सा बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया। घटना बुधवार देर रात की बताई जा रही है। इस हादसे में बस चालक की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि लगभग 15 श्रद्धालु घायल हुए। छह गंभीर घायलों को चंडीगढ़ के अस्पतालों में रेफर किया गया है। शेष घायलों का इलाज सिविल अस्पताल फतेहगढ़ साहिब में जारी है। मृतक चालक की पहचान फिरोजपुर निवासी इंद्रजीत सिंह के रूप में हुई है। बताया गया है कि हादसे के समय बस में माता वैष्णो देवी के दर्शन के लिए जा रहे करीब 42 श्रद्धालु सवार थे। दुर्घटना के बाद राहगीरों ने तुरंत पुलिस और एंबुलेंस को सूचना दी। सूचना मिलते ही डीएसपी, थाना प्रभारी और थाना मूलेपुर की पुलिस टीम मौके पर पहुंची। पुलिस और स्थानीय लोगों की मदद से बस में फंसे यात्रियों को बाहर निकाला गया। घायलों को तुरंत एंबुलेंस से सिविल अस्पताल फतेहगढ़ साहिब पहुंचाया गया। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, शुरुआती जांच में हादसे का कारण बस की तेज रफ्तार मानी जा रही है। टक्कर इतनी जोरदार थी कि बस का अगला हिस्सा पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया। पुलिस ने मृतक चालक के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और मामले की जांच शुरू कर दी है।
श्योपुर कोतवाली थाना पुलिस ने भाजपा जिला कोषाध्यक्ष सुमित सिंघल सहित चार लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया है। इन पर मारपीट, जातिसूचक गालियां देने और जान से मारने की धमकी देने का आरोप है। घटना शहर के सोना लॉज के सामने हुई बताई गई है। पुलिस ने फरियादी की शिकायत पर एससी-एसटी एक्ट सहित विभिन्न धाराओं में प्रकरण दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस के अनुसार, गांधीनगर वार्ड क्रमांक 12 श्योपुर निवासी जयप्रकाश उर्फ जे.पी. आर्य पुत्र मांगीलाल खटीक ने यह रिपोर्ट दर्ज कराई है। जयप्रकाश भाजपा के पूर्व विधायक कि गाड़ी पर ड्राइवर का काम करते हैं। उन्होंने बताया कि मंगलवार शाम करीब 7:30 बजे वे सोना लॉज के सामने अपनी फोर व्हीलर गाड़ी बैक कर रहे थे। कोषाध्यक्ष पर मारपीट और गाली देने का आरोप इसी दौरान सुमित सिंघल, राजू सिंघल और आशीष सिंघल अपनी कार लेकर वहां पहुंचे और जयप्रकाश की गाड़ी के पीछे अपना वाहन खड़ा कर दिया। फरियादी के अनुसार, जब उन्होंने गाड़ी हटाने को कहा, तो आरोपी आक्रोशित हो गए। उन्होंने जातिसूचक अपशब्दों का प्रयोग करते हुए गालियां दीं। आरोप है कि इसके बाद सुमित सिंघल, राजू सिंघल, आशीष सिंघल और उनके अन्य साथियों ने गाड़ी से उतरकर जयप्रकाश के साथ लात-घूंसों से मारपीट की। इस मारपीट में उनके हाथ के अंगूठे, घुटने और गर्दन में चोटें आई हैं। आरोपियों ने जान से मारने की धमकी दी रिपोर्ट में यह भी बताया गया है कि अपनी जान बचाने के लिए जयप्रकाश सोना लॉज की ओर भागे। वहां मौजूद बृजराज मेहर, अन्नू गुर्जर और अन्य लोगों ने बीच-बचाव कर उन्हें बचाया। जाते समय, आरोपियों ने दोबारा सामने आने पर जान से मारने की धमकी भी दी। फरियादी ने पुलिस को यह भी बताया कि पूरी घटना आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों में रिकॉर्ड हुई है। कोतवाली थाना पुलिस ने शिकायत के आधार पर देर रात मामला दर्ज कर विवेचना शुरू कर दी है। इस मामले की जांच एसआई कमलेंद्र सिंह कुशवाह को सौंपी गई है।
हरदोई में ईद-उल-अज़हा (बकरीद) का त्योहार अकीदत, उल्लास और भाईचारे के साथ शांतिपूर्ण ढंग से मनाया गया। सुबह से ही जिले की विभिन्न ईदगाहों और मस्जिदों में नमाज़ियों की भारी भीड़ उमड़ पड़ी। लोगों ने शासन और प्रशासन के दिशा-निर्देशों का पालन करते हुए तय परिसरों के भीतर नमाज़ अदा की। इस दौरान देश में अमन-चैन, तरक्की और भाईचारे की दुआ मांगी गई। नमाज़ के बाद लोगों ने एक-दूसरे को गले मिलकर बकरीद की मुबारकबाद दी। मुस्लिम समाज के लोगों ने इस त्योहार को प्रेम, सद्भाव और साफ-सफाई का प्रतीक बताया। उन्होंने आपसी भाईचारे का संदेश दिया। शान अली मंसूरी ने कहा कि बकरीद प्रेम, भाईचारे और सामाजिक सौहार्द का त्योहार है। उन्होंने लोगों से सरकार और धार्मिक संस्थाओं के दिशा-निर्देशों का पालन करते हुए त्योहार मनाने की अपील की। मंसूरी ने यह भी कहा कि केवल कानूनी रूप से मान्य जानवरों की ही कुर्बानी दी जाए। उन्होंने गौमाता को राष्ट्रमाता का दर्जा देने की मांग भी उठाई। भाजपा अल्पसंख्यक मोर्चा के जिला मंत्री आरिफ खान शानू ने बताया कि जिलेभर में ईद की नमाज़ पूरी शांति, उसूलों और कानून व्यवस्था के बीच संपन्न हुई। उन्होंने लोगों से अमन-चैन बनाए रखने और किसी भी तरह के विवाद से दूर रहने की अपील की। त्योहार को सकुशल संपन्न कराने के लिए जिला प्रशासन और पुलिस सुबह से ही पूरी तरह अलर्ट पर रहे। प्रशासनिक अधिकारियों के अनुसार, जिले की विभिन्न ईदगाहों और मस्जिदों में करीब 4500 से 5000 लोगों ने नमाज़ अदा की। जिलाधिकारी (DM), पुलिस अधीक्षक (SP), सिटी मजिस्ट्रेट, जॉइंट मजिस्ट्रेट, सीओ और भारी पुलिस बल संवेदनशील स्थानों पर तैनात रहे। डीएम और एसपी ने भी विभिन्न क्षेत्रों का भ्रमण कर सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया। प्रशासन की ओर से स्पष्ट निर्देश दिए गए थे कि सड़क या सार्वजनिक स्थान पर नमाज़ अदा न की जाए। खुले स्थानों पर कुर्बानी और उसके अवशेष न फेंकने को लेकर लगातार लाउडस्पीकर से घोषणाएं भी कराई गईं।
झांसी में दहेज हत्या के मामले में पति और सास-ससुर को दोषी करार देते हुए कोर्ट ने सजा सुनाई है। पति को 10 साल के कारावास और सास-ससुर को 7-7 साल के कारावास से दंडित किया है। जबकि, तीनों पर 3-3 हजार रुपए के अर्थदण्ड भी लगाया गया है। यह फैसला न्यायालय संख्या-2 के अपर सत्र न्यायाधीश देवाशीष ने सुनाया है। शादी के 10 महीने बाद हो गई थी मौत नई दिल्ली निवासी नीलम श्रीवास्तव ने मऊरानीपुर थाने में तहरीर दी थी। जिसमें बताया था वह मूलरूप से उत्तर प्रदेश के कुशीनगर जिले के सोहनपुर गांव की रहने वाली है। उसकी बेटी कृति श्रीवास्तव (22) की शादी 24 मई 2015 को लहचूरा के सिजारी बुजुर्ग गांव निवासी अतुल खरे से हुई थी। जो मऊरानीपुर के लोहिया कॉलोनी में रहता है। शादी के बाद से पति, ससुर रमेश खरे और सास आशा खरे दहेज की मांग को लेकर बेटी से मारपीट करने लगे। वे मायके से कार लेकर आने का दबाव बनाने लगे। समय के साथ प्रताड़ना बढ़ती चली गई। 9 मार्च 2016 को फोन के जरिए पता चला कि कृति की तबीयत खराब है। किसी ने कृति से बात नहीं कराई तो शक हुआ। तब थाने के इंस्पेक्टर को कॉल लगाया। तब पता चला कि कृति की मौत हो चुकी है और लाश मऊरानीपुर के अस्पताल में रखी है। नीलम की तहरीर पर मुऊरानीपुर पुलिस ने दहेज हत्या समेत अन्य धाराओं में केस दर्ज किया था। बाद में पति, सास-ससुर को गिरफ्तार कर कोर्ट में आरोप पत्र दाखिल किया गया। लंबी सुनवाई के बाद कोर्ट ने तीनों को दोषी माना। पति अतुल खरे को 10 साल के कारावास और ससुर रमेश खरे और सास आशा खरे को 7-7 साल के कारावास से दंडित किया है।
सतना जिले के मझगवां में 26 मई को हुई 85 वर्षीय बुजुर्ग महिला की हत्या का पुलिस ने 24 घंटे के अंदर खुलासा कर दिया है। महिला की हत्या किसी और ने नहीं, बल्कि उसके सगे नाती ने ही आम तोड़ने से रोकने पर की थी। आरोपी ने गुस्से में आकर अपनी नानी के सिर पर भारी पत्थर पटक दिया था। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश किया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया है। मृतका की पहचान कैलाशपुर निवासी 85 वर्षीय बैशाखिया (पति बद्दू मवासी) के रूप में हुई है। 26 मई की सुबह वह अपने घर से करीब दो किलोमीटर दूर 'लखहा हार' में आम के पेड़ की रखवाली करने गई थीं। इसी दौरान उनके सिर पर भारी पत्थर पटककर उनकी हत्या कर दी गई थी। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने तत्काल अपराध दर्ज कर जांच शुरू की। दूसरी बेटी का बेटा निकला कातिलप्रारंभिक जांच में पुलिस को पता चला कि मृतका की छह बेटियां हैं, बेटा कोई नहीं है। उनकी एक बेटी का मानसिक रूप से कमजोर बेटा उनके साथ ही रहता था। तफ्तीश के दौरान पुलिस को बैशाखिया की दूसरी बेटी के बेटे शिवप्रसाद उर्फ कल्लू (पिता रामदास मवासी, निवासी पड़मनिया) पर शक हुआ। घटना वाले दिन उसे कैलाशपुर की तरफ देखा गया था। पुलिस ने उसे हिरासत में लेकर सख्ती से पूछताछ की तो उसने जुर्म कबूल कर लिया। आम तोड़ने पर हुआ था विवादमझगवां टीआई आदित्य नारायण सिंह धुर्वे ने बताया कि आरोपी कल्लू अपनी नानी से मिलने लखहा हार गया था। वहां आम तोड़ने की बात को लेकर दोनों के बीच बहस हो गई। गुस्से में आकर कल्लू ने पास पड़ा एक बड़ा पत्थर नानी बैशाखिया के सिर पर दे मारा। इससे उनकी मौके पर ही मौत हो गई। वारदात को अंजाम देकर वह फरार हो गया था। पुलिस ने आरोपी की निशानदेही पर हत्या के वक्त पहनी गई खून से सनी शर्ट भी बरामद कर ली है। पत्नी की हत्या के प्रयास में जेल काट चुका है आरोपीपुलिस के मुताबिक, आरोपी कल्लू मवासी का पुराना आपराधिक रिकॉर्ड है। इससे पहले उसने अपनी पत्नी पर भी चाकू से जानलेवा हमला किया था। हत्या के प्रयास के इस मामले में वह तीन साल तक जेल में रहा है और फिलहाल जमानत पर बाहर था। जमानत पर छूटने के बाद उसने इस दूसरी सनसनीखेज वारदात को अंजाम दे डाला।
मुरादाबाद में गुरुवार सुबह ईद उल अजहा की नमाज शांतिपूर्ण माहौल में अदा की गई। शहर की ईदगाह में मुस्लिम समुदाय के हजारों लोग नमाज के लिए पहुंचे। सुबह से ही ईदगाह परिसर और आसपास के इलाकों में चहल-पहल बनी रही। लोग तय समय से पहले ही नमाज के लिए पहुंचने लगे थे। ईद उल अजहा को सकुशल संपन्न कराने के लिए जिला प्रशासन और पुलिस प्रशासन की ओर से सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए गए थे। ईदगाह और आसपास के क्षेत्रों में बड़ी संख्या में पुलिस बल और पैरामिलिट्री फोर्स तैनात रही। किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए दमकल विभाग की गाड़ियां भी मौके पर मौजूद रहीं। सुबह 7:30 बजे अदा की गई नमाज शहर इमाम सैय्यद मासूम अली आजाद, नायब इमाम सैय्यद मुफ्ती फहद अली और पूर्व सपा सांसद डॉ. एसटी हसन भी ईदगाह परिसर पहुंचे। सुबह 7:30 बजे ईद उल अजहा की नमाज अदा की गई। नमाज के बाद लोगों ने एक-दूसरे को गले लगाकर ईद की मुबारकबाद दी। ड्रोन कैमरों से रखी गई नजर सुरक्षा व्यवस्था पर नजर बनाए रखने के लिए जिलाधिकारी और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक स्वयं मौके पर मौजूद रहे। दोनों अधिकारियों ने ड्रोन कैमरों के जरिए पूरे क्षेत्र की निगरानी की। प्रशासन ने लोगों से शांति, भाईचारा और सौहार्द बनाए रखने की अपील की।
हरियाणा विधानसभा में सफीदो विधायक रामकुमार गौतम और मंत्री अरविंद शर्मा के बीच गोबर पीने को लेकर हुई बहस एक फिर विवादों में आ गई है। हरियाणवी सिंगर रॉकी मित्तल और रानियां से इनेलो विधायक अर्जुन चौटाला की चाय पर चर्चा पर इसका जिक्र करते हुए बोले, हरियाणा विधानसभा कपिल शर्मा शो बन गई है। इसका वीडियो भी सामने आया है। रॉकी मित्तल बोले, जहां पर हरियाणा के विकास या शिक्षा जैसे मुद्दों पर बात होनी चाहिए। वहां पर गोबर खाने जैसी बात हो रही है। समाज को जात-पात के नाम पर बांटने वाले कुछ खुले सांड छोड़ रखे, उन पर सरकार कार्रवाई नहीं करती। सफीदो विधायक रामकुमार गौतम व राज्यसभा सांसद रामचंद्र जांगड़ा का नाम लेते हुए कहा, ये नेता नहीं, खुले सांड है, जो दूसरों को सीधी टक्कर मारते हैं। इसी पर अर्जुन चौटाला बोले, बीजेपी वाले पहले गोबर की बात शुरू करते हैं और बाद में उसे बढावा देते हैं। विपक्ष भी नहीं बोलता। ऐसे समाज में गंध फैलाने वाले लोगों को ही राज्यसभा में एमपी बनाकर आगे भेजा जाता है। जो युवा सवाल करता है तो सरकार उन कॉकरोच पार्टी के पेज को बैन कर देती है। इसका मतलब मुद्दों पर बात नहीं करनी, इससे सरकार की पोल खुलेगी। इससे युवाओं पर क्या असर पड़ेगा कि ऐसे लोगों के हाथ में उनका भविष्य है। सिलसिलेवार ढंग से जानिएं रॉकी मित्तल और अर्जुन चौटाला के बीच क्या बातचीत हुई रॉकी मित्तल बोले, विकास के बजाय किसी और विषय पर होती चर्चा सिंगर रॉकी मित्तल विधायक अर्जुन चौटाला से बोले, आप विधानसभा में जाते हो। शायद उस दिन भी विधानसभा में हो। मैंने देश की पहली विधानसभा देखी, हरियाणा की विधानसभा, जिसमें विकास पर चर्चा करनी होती है। मगर विकास पर तो चर्चा होती नहीं और किसी और विषय पर चर्चा होती है। अर्जन बोले, अर्थव्यवस्था पर बात होगी तो सरकार की पोल खुलेगी इस पर जवाब देते हुए विधायक अर्जुन बोले, आपने कभी जादूगर देखा होगा, जो दिखाता एक हाथ है गिली-गिली करता है और जादू दूसरे हाथ में। अगर आर्थिक अर्थव्यवस्था की बात हो तो सरकार की पोल खुलेगी। नशे पर, कानून पर बात होगी। गोबर के जिक्र को बढ़ावा देते, बीच में कौन बोलेगा रॉकी मित्तल विधायक को बीच में टोकते हुए बोले, फिर ये गोबर पर चर्चा जान-बूझकर कर रहे हैं। आप लोगों को हंसाने के लिए कर रहे हैं। इस पर विधायक अर्जुन बोले, ये शुरू करते हैं और बाद में उसे बढ़ावा देते हैं। इसी बीच रॉकी मित्तल बोले, तो फिर विपक्ष में बैठे हुड्डा साहब या आपके दो विधायक है। विधायक अर्जुन बोले, अब ये देखो बीजेपी वालों के दो लोगों ने गोबर का जिक्र कर दिया दूसरे को बीच में क्यों पड़ना है। आप जिस काम के लिए आए हो, वो काम करो। वो आपे इस काम में पड़ जाएंगे। पानी, प्रदूषण, कब्जों पर होनी चाहिए चर्चा, लोगों के साथ मजाक रॉकी मित्तल बोल, वे उसी पर चुटकलें शुरू कर देते हैं यानी जो हरियाणा के मुद्दे उठाने चाहिए। विकास पर चर्चा होनी चाहिए, शुद्ध पेयजल व प्रदूषण पर चर्चा होनी चाहिए, जो हरियाणा का कल्चर बिगड़ता जा रहा है। जो अवैध कब्जे हो रहे हैं, बच्चों का अपहरण हो रहा है और बहुत काम है। उन काम पर चर्चा न करके आप गोबर पर चर्चा कर रहे हैं। कॉमेडी कर रहे हो। कई बार तो चुटकलें चल रहे हैं। जैसे कपिल शर्मा का शो चल रहा हो। क्या आपको नहीं लगता कि ये लोगों के साथ मजाक है। अर्जुन बोले, उस दिन बच्चे आए थे, वो क्या सोचेंगे कि ऐसे लोगों के हाथ में भविष्य विधायक अर्जुन बोले, कई बार शर्म आती है। इनके पीछे विधानसभा परिसर में बच्चे बैठे होते हैं। जिस दिन ये वाक्या हुआ था, उस दिन स्कूल के बच्चे आ रखे थे। शर्म इस बात की आई कि ये बच्चे इतनी बड़ी उम्र के लोगों को ऐसे बात करते देख रहे हैं तो वे क्या सीखेंगे। क्या ये लोग इनके हाथ में हमारा भविष्य है। इनके हाथ में एजुकेशन है। हमारी आने वाली पीढ़ियों के लिए क्या फैसले होने थे। देश-प्रदेश की पॉलिसी बननी है। जात-पात की बात करने वालों को बोलूंगा खुले सांड सिंगर रॉकी मित्तल बोले, जो जात-पात के नाम पर जो नेता छोड़ रखे हैं। मैं तो इनको खुले सांड ही बोलूंगा। इनको नेता नहीं बोलूंगा। कई बार देखा नहीं, जब ये ऐसे टक्कर मारेंगे। इस पर विधायक अर्जुन चौटाला बोले, नेता और एमएलए में बहुत फर्क होता है। एमएलए कोई भी बन सकता है, पर नेता कोई नहीं बन सकता। अर्जुन बोले, कॉकरोच युवा का पेज बैन हो रहा, समाज में गंध फैलाने वाले एमपी बना रहे रॉकी मित्तल बोले, ये खुले सांड जात-पात की बात करते हैं। क्या सरकार को इन पर कार्रवाई नहीं करनी चाहिए। इसका मतलब ये जात-पात का जहर घोल रहे हैं। अर्जुन चौटाला बोले, आप एक चीज ये देखो जो युवा सरकार से सवाल कर रहा है, कॉकरोच पार्टी के पेज की बात रहा हूं। युवा सरकार से सवाल करता है तो उसका पेज बैन कर दिया जाता है। जो सरकार के अंदर रहकर समाज में गंध उगल रहा है, जहर मिला रहा है। उसको ये राज्यसभा में एमपी बनाकर आगे भेज रहे हैं। उससे शर्म की बात क्या होगी। विधायक अर्जुन चौटाला बोले, ये रामकुमार गौतम जैसे लोग आज भी समाज को जाति के नाम पर बांटने का काम करते हैं। दोनों के बीच गोहाना जलेबी से शुरू हुई बहस गोबर पीने तक पहुंची हरियाणा विधानसभा सत्र के पिछले सत्र के दौरान तीसरे दिन BJP सरकार में जेल व पर्यटन मंत्री अरविंद शर्मा और जींद के सफीदों से BJP विधायक रामकुमार गौतम आपस में भिड़ गए थे। दोनों की बहस शुरू तो गोहाना की जलेबी की क्वालिटी से हुई, लेकिन बाद में तल्खी बढ़ती चली गई थी। मंत्री ने गौतम के गोबर पीने की बात कही तो इससे वह भड़क गए। उन्होंने कहा कि मंत्री ने कितने लोगों के रुपए मार लिए। मेरे रिश्तेदार से भी डेयरी फॉर्म के नाम पर 10 लाख लिए लेकिन वापस नहीं लौटाए। इससे गुस्साए मंत्री शर्मा ने चैलेंज किया कि विधायक मेरे ऊपर लेन-देन के आरोप साबित करें तो मैं राजनीति छोड़ दूंगा।
मेरठ में खेल कारोबारी पर चढ़ाई कार:सिर की तीन हडि्डयां टूटी, 100 मीटर तक घसीटता ले गया
मेरठ के ब्रहमपुरी थानाक्षेत्र के सरस्वती लोक में स्पोर्ट्स कारोबारी प्रदीप बंसल पर कुछ दबंगों ने कार चढ़ा दी। कार चढ़ाने के बाद वे लोग कारोबारी को 100 मीटर तक सड़क पर ही घसीटते चले गए। इस दुघर्टना में खेल कारोबारी बुरी तरह घायल हुए हैं। प्रदीप बंसल अब एक निजी अस्पताल में भर्ती हैं जहां उनका इलाज चल रहा है। वहीं कारोबारी के सिर की तीन हडि्डयां टूटी हैं। वारदात के बाद आरोपी कार को लेकर भाग गया। फैक्ट्री से घर लौटते समय एक्सीडेंट सरस्वती लोक में रहने वाले प्रदीप बंसल के बेटे यश बंसल ने पुलिस को बताया कि उनकी नौचंदी मेले के पास स्पोर्ट्स आयटम बनाने की फैक्ट्री है। बुधवार रात पौने बारह बजे उनके पिता प्रदीप बंसल स्कूटी से घर सरस्वती लोक आ रहे थे। तभी कालोनी के गेट से कुछ दूरी पर एक आदमी सड़क के बींचोंबीच कार खड़ी कर रहा था। प्रदीप बंसल ने कहा कि कार को साइड कर लें। ताकि वो निकल जाएं। इसी बात पर कार चालक गुस्सा गया। उसने पहले कार से स्कूटी में पीछे की तरफ टक्कर मारी। इसके बाद कार को 100 मीटर तक घसीटता ले गया। सीसीटीवी चैक कर रही पुलिस प्रदीप बंसल का सिर कार के पहिये में ऊपर से उतार दिया। पूरे मामले पर सीओ ब्रहमपुरी सौम्या अस्थाना का कहना है कि सीसीटीवी फुटेज के आधार पर घटना की जांच की जा रही है। आरोपी की पहचान कर उसकी अरेस्टिंग की जाएगी।
टीकमगढ़ जिले में अवैध रेत उत्खनन के खिलाफ प्रशासन की कार्रवाई जारी है। गुरुवार सुबह कलेक्टर के निर्देश पर पलेरा तहसीलदार ने राजस्व टीम के साथ उर नदी पर छापा मारा। इस दौरान संजयनगर गांव में नदी से अवैध रूप से रेत निकालते हुए एक पोकलेन मशीन को पकड़ा गया। राजस्व टीम को देखते ही पोकलेन मशीन का ड्राइवर मौके से फरार हो गया। टीम ने पोकलेन मशीन को जब्त कर लिया। इसी दौरान रेत भरने के लिए मौके पर पहुंचे एक डंपर और एक ट्रैक्टर-ट्रॉली को भी जब्त किया गया। टीम ने मशीनों और वाहनों को जब्त किया पलेरा तहसीलदार कुलदीप सिंह ने बताया कि कलेक्टर विवेक श्रोतिय के निर्देश पर यह कार्रवाई की गई। नायब तहसीलदार श्रीपत अहीरवार सहित आरआई और हल्का पटवारी टीम में शामिल थे। राजस्व टीम ने खसरा नंबर 1 में अवैध उत्खनन करते हुए इन मशीनों और वाहनों को जब्त किया। तहसीलदार ने बताया कि मौके से एक पोकलेन मशीन, एक डंपर और एक ट्रैक्टर-ट्रॉली जब्त की गई है। तीनों को थाने में रखवा दिया गया है और पूरे मामले की जांच की जा रही है। अवैध रेत उत्खनन के खिलाफ लगातार कार्रवाई कलेक्टर विवेक श्रोतिय ने बताया कि पिछले एक महीने से अवैध रेत उत्खनन के खिलाफ लगातार कार्रवाई की जा रही है। जब्त की गई मशीनों और वाहनों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की प्रक्रिया अपनाई जा रही है। सार्वजनिक सूचना का प्रकाशन भी कराया जा रहा है, और यदि मशीन मालिक सामने नहीं आते हैं तो नीलामी की कार्रवाई की जाएगी।
हरियाणा के नारनौल शहर में चोरों ने एक बंद मकान को निशाना बनाकर लाखों रुपये की नकदी और सोने-चांदी के गहनों पर हाथ साफ कर दिया। घटना शहर थाना क्षेत्र के पुरानी मंडी स्थित CIA रोड की है। यहां के निवासी पीड़ित पुष्पेंद्र पुत्र अनुप सिंह ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि वह अपने गांव नोलायजा गया हुआ था और बीते कल ही वह अपने घर वापस लौटा। घर पहुंचने पर उसे चोरी की वारदात का पता चला। बच्चों की फीस के पैसे ले गए पीड़ित के अनुसार चोर घर से तीन सोने की अंगूठियां, एक चांदी की अंगूठी, एक जोड़ी पाजेब, एक सोने की चेन, एक मंगलसूत्र और दो सोने के कड़े चोरी कर ले गए। इसके अलावा घर में रखी करीब 1.50 लाख रुपये की नकदी भी गायब मिली। पुष्पेंद्र ने बताया कि यह रकम वह 23 मई को ही बैंक से बच्चों की फीस भरने के लिए निकालकर लाया था। डीवीआर भी तोड़ा चोरों ने वारदात को अंजाम देने के बाद घर में लगे कैमरे भी तोड़ दिए और DVR के साथ वाई-फाई सिम भी अपने साथ ले गए। पीड़ित की शिकायत पर थाना शहर नारनौल पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस ने किया मामलादर्ज पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार शिकायत में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 331(4) और 305 के तहत अपराध बनता पाया गया। इसके बाद मुकदमा दर्ज कर जांच अधिकारी मौके पर पहुंचे और घटनास्थल का निरीक्षण किया। पुलिस आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रही है और चोरों की तलाश में जुटी हुई है।
बरेली में भीषण लू से मिलेगी राहत:तेज आंधी और बारिश का अलर्ट जारी, हीट बेव से मिलेगी राहत
बरेली में पिछले कई दिनों से पड़ रही भीषण गर्मी से राहत मिलने वाली है। आज से मौसम पूरी तरह बदलने जा रहा है। अगले तीन दिनों तक तेज हवाएं और बारिश की संभावना है। मौसम विभाग के अनुसार तापमान में भारी गिरावट दर्ज की जाएगी। बरेली में आज 28 मई को तेज धूल भरी हवाओं और आंधी-तूफान के साथ गरज-चमक के साथ बौछारें पड़ने की संभावना है। आज के बाद मौसम का मिजाज तेजी से बदलेगा। 29 और 30 मई को बरेली में अनेक स्थानों पर गरज-चमक के साथ वर्षा होने का पूर्वानुमान है। इन बारिश और आंधी के कारण तापमान में 6 से 8 डिग्री सेल्सियस तक की गिरावट आने की संभावना है, जिससे भीषण लू से राहत मिलेगी। 29 मई को गरज-चमक के साथ ओलावृष्टि की भी संभावना है, जबकि 30 मई को क्षेत्र में भारी बारिश की चेतावनी जारी की गई है। वही आज 80 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज आंधी तूफान आने की भी संभावना है। आज अधिकतम तापमान 37C से 40C तक जाएगा। न्यूनतम तापमान रात के समय तापमान गिरकर 24C से 26C तक आ सकता है। मौसम वैज्ञानिक अतुल कुमार ने जानकारी देते हुए बताया कि की बरेली और आसपास के क्षेत्रों में अगले कुछ दिनों में मौसम में बड़ा बदलाव देखने को मिलेगा। वर्तमान में प्रदेश के मध्यवर्ती हिस्सों पर बने चक्रवाती परिसंचरण और निचले क्षोभ मंडल में आ रही आर्द्र पुरवा हवाओं के कारण मौसम का मिजाज बदल रहा है। इसका सीधा असर बरेली के तापमान पर पड़ेगा। आगामी पूर्वानुमान पर नजर डालें तो 28 मई तक बरेली सहित पश्चिमी उत्तर प्रदेश के दक्षिणी हिस्सों में गर्म पछुआ हवाएं चलती रहेंगी, जिससे लू की स्थिति बनी रहने की संभावना है। हालांकि, आज से बरेली में मौसम का रुख बदलने लगेगा। बरेली में आज तेज धूल भरी आंधी और गरज-चमक के साथ बौछारें पड़ने की प्रबल संभावना है। इस दौरान हवाओं की गति काफी तेज रहने का अनुमान है। सबसे बड़ी राहत 29 मई से मिलेगी। मौसम विभाग ने बताया है कि 28 मई से शुरू होने वाली आंधी-तूफान और व्यापक बारिश के कारण तापमान में 6 से 8 डिग्री सेल्सियस तक की गिरावट दर्ज की जा सकती है। इसके परिणामस्वरुप 29 मई से बरेली को भीषण हीट बेव यानी लू से बड़ी राहत मिलने की संभावना है। 29 और 30 मई को बरेली संभाग के अनेक स्थानों पर गरज-चमक के साथ बारिश और बौछारें पड़ने का पूर्वानुमान है। इसके बाद 31 मई को भी कहीं-कहीं बारिश और गरज-चमक के साथ बौछारें पड़ने की संभावना बनी रहेगी। चेतावनी के लिहाज से, आज बरेली में मेघगर्जन और वज्रपात के साथ तेज आंधी या तड़ित झंझावत की संभावना है, जिसमें हवा की गति 60 से 70 किमी प्रति घंटा और झोंकों में 80 किमी प्रति घंटा तक पहुंच सकती है। इसके अलावा 29 मई को भी गरज-चमक के साथ आंधी और ओलावृष्टि की संभावना जताई गई है। वहीं 30 मई को बरेली में भारी बारिश की भी चेतावनी दी गई है। मौसम विभाग ने स्पष्ट किया है कि तेज आंधी, बारिश और ओलावृष्टि के दौरान आमजन को सतर्क रहने की आवश्यकता है। लोगों को सुझाव दिया गया है कि वे सुरक्षित आश्रय लें, पेड़ों के नीचे न खड़े हों और बिजली के उपकरणों का उपयोग सावधानी से करें। कृषि के दृष्टिकोण से भी किसानों को सलाह दी गई है कि वे फसलों को इन तेज हवाओं और ओलावृष्टि से बचाने के लिए उचित उपाय करें और खलिहानों में रखे उत्पादों को सुरक्षित स्थानों पर रखें।
सिंगरौली जिले के माड़ा रेंज अंतर्गत गीर जंगल क्षेत्र में गुरुवार को भीषण आग लग गई। आग की ऊंची लपटें और धुआं उठते देख राहगीरों ने इसका वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर साझा किया, जिससे क्षेत्र में हड़कंप मच गया। लगातार बढ़ रही आग की घटनाओं से वन संपदा और वन्यजीवों पर गंभीर संकट गहरा रहा है। स्थानीय लोगों ने आरोप लगाया है कि जंगलों में आग लगने की घटनाएं लगातार बढ़ रही हैं। उनका कहना है कि पर्याप्त निगरानी और गश्त के अभाव में समय रहते आग पर काबू नहीं पाया जा पाता। ग्रामीणों ने वन विभाग से नियमित गश्त बढ़ाने और आग लगाने वाले लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। सूखी झाड़ियां और वन क्षेत्र में फैली आग सूचना मिलते ही वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची और कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। हालांकि, आग लगने से जंगल के बड़े हिस्से में सूखी झाड़ियां और वन क्षेत्र प्रभावित हुआ है। धुएं और आग के कारण वन्यजीवों को भी सुरक्षित स्थानों की ओर भागना पड़ा। इस मामले पर दैनिक भास्कर डिजिटल ने उपवन मंडल अधिकारी एन.के. त्रिपाठी से बात की। उन्होंने बताया कि माड़ा रेंज के अलावा जिले के कई अन्य वन क्षेत्रों से भी आग लगने की सूचनाएं मिली हैं। विभाग की टीमें लगातार सक्रिय हैं और नुकसान को कम करने के लिए आग पर नियंत्रण पाने का प्रयास किया जा रहा है। त्रिपाठी ने लोगों से अपील की है कि वे जंगलों में आग जैसी घटनाओं की सूचना तुरंत वन विभाग को दें, ताकि समय रहते कार्रवाई की जा सके।
सतना में बिजली चोरी पर कंपनी ने की कार्रवाई:दो स्थानों पर मीटर बाईपास और सर्विस लाइन में कट मिला
सतना शहर संभाग के टिकुरिया टोला क्षेत्र में बिजली कंपनी ने बिजली चोरी के खिलाफ विशेष अभियान चलाया। बुधवार शाम लखन चौराहा और डिलौरा बाईपास के पास निरीक्षण के दौरान अवैध रूप से बिजली का उपयोग करते हुए दो मामले पकड़े गए। जांच में सामने आया कि एक स्थान पर उपभोक्ताओं द्वारा सर्विस लाइन में कट लगाकर सीधे बिजली चोरी की जा रही थी। वहीं, दूसरे स्थान पर मीटर बाईपास कर विद्युत आपूर्ति का उपयोग किया जा रहा था। बिजली कंपनी की टीम ने मौके पर आवश्यक जांच-पड़ताल कर विद्युत अधिनियम की धारा 135 के अंतर्गत प्रकरण क्रमांक 07 दर्ज किया। कंपनी द्वारा दोनों मामलों में कुल 2 लाख 65 हजार रुपए की बिलिंग की गई है। अधिकारियों के अनुसार, बिजली चोरी से न केवल राजस्व की हानि होती है, बल्कि इससे विद्युत व्यवस्था पर भी प्रतिकूल प्रभाव पड़ता है और दुर्घटनाओं की आशंका बनी रहती है। यह कार्रवाई अधीक्षण अभियंता प्रशांत सिंह के निर्देश पर की गई। कार्यपालन अभियंता मृगेंद्र सिंह के मार्गदर्शन में सहायक अभियंता अवनीश पांडेय एवं कनिष्ठ अभियंता अजय दुबे ने टीम के साथ मौके पर पहुंचकर निरीक्षण किया और आवश्यक कार्रवाई पूरी की। बिजली कंपनी ने स्पष्ट किया है कि शहर एवं ग्रामीण क्षेत्रों में बिजली चोरी के खिलाफ अभियान लगातार जारी रहेगा। विभाग ने उपभोक्ताओं से अपील की है कि वे वैध कनेक्शन के माध्यम से ही बिजली का उपयोग करें तथा किसी भी प्रकार की अनियमितता से बचें। अधिकारियों ने चेतावनी दी कि बिजली चोरी पाए जाने पर संबंधित व्यक्तियों के खिलाफ नियमानुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी।
भदोही में 30 मई तक ऑरेंज अलर्ट जारी:तेज आंधी, ओलावृष्टि और बिजली गिरने की आशंका
भारतीय मौसम विज्ञान विभाग ने भदोही जनपद के लिए 27 से 30 मई तक तेज आंधी-तूफान, ओलावृष्टि और आकाशीय बिजली गिरने की संभावना जताई है। इसे देखते हुए जिले में 'ऑरेंज अलर्ट' जारी किया गया है। जिलाधिकारी ने जनपदवासियों से इस अवधि में अतिरिक्त सतर्कता बरतने और प्रशासन द्वारा जारी निर्देशों का पालन करने की अपील की है। आंधी-तूफान के दौरान अनावश्यक रूप से घर से बाहर निकलने से बचें। खिड़की, दरवाजे और ढीली वस्तुओं को सुरक्षित करें। पेड़ों, बिजली के खंभों, होर्डिंग और कच्चे निर्माण से दूर रहें। यदि मकान जर्जर या पुराना हो, तो तत्काल किसी पक्के और मजबूत मकान में शरण लें। वाहनों को सुरक्षित स्थान पर खड़ा करें, उन्हें खुले में न छोड़ें। आकाशीय बिजली चमकने के समय खुले मैदानों, खेतों, तालाबों, नदियों और ऊँचे स्थानों से दूर रहें। मोबाइल चार्जिंग, विद्युत उपकरणों और धातु की वस्तुओं का उपयोग करने से बचें। किसी भी पेड़ के नीचे शरण न लें। यदि आप बाहर हों, तो तुरंत किसी सुरक्षित भवन में आश्रय लें। ओलावृष्टि की स्थिति में अपने वाहनों और पशुओं को सुरक्षित स्थान पर रखें। किसान भाई अपनी कटाई की गई फसल और कृषि उपकरणों को सुरक्षित स्थान पर पहुंचा दें। अस्थायी ढांचों और टीन शेड को मजबूत करें। बच्चों, बुजुर्गों, गर्भवती महिलाओं और बीमार व्यक्तियों का विशेष ध्यान रखें। अफवाहों पर ध्यान न दें और केवल प्रशासन तथा मौसम विभाग की आधिकारिक सूचना पर ही विश्वास करें। किसी भी आपातकालीन सहायता के लिए स्वास्थ्य सेवा हेतु 108, पुलिस सहायता के लिए 112, अग्निशमन सेवा के लिए 101 और आपदा हेल्पलाइन के लिए 1077 पर संपर्क किया जा सकता है।
कानपुर देहात में शहद उत्पादन को बढ़ावा देने के उद्देश्य से खादी एवं ग्रामोद्योग विभाग ने इच्छुक व्यक्तियों से आवेदन आमंत्रित किए हैं। जिला खादी ग्रामोद्योग अधिकारी अखिलेश अग्निहोत्री ने 28 मई 2026 को यह जानकारी दी। इस योजना के तहत कुल 20 लाभार्थियों को प्रशिक्षण और हनी बॉक्स दिए जाएंगे। अखिलेश अग्निहोत्री ने बताया कि यह पहल उत्तर प्रदेश खादी तथा ग्रामोद्योग बोर्ड, लखनऊ द्वारा संचालित उत्पाद विकास मानकीकरण एवं गुणवत्ता विनिश्चय योजना (हनी मिशन) का हिस्सा है। शहद उत्पादन में रुचि रखने वाले प्रशिक्षित व्यक्तियों का चयन किया जाएगा। चयनित लाभार्थियों को पांच दिवसीय गुणवत्तापरक प्रशिक्षण प्रदान किया जाएगा। प्रशिक्षण पूरा होने के बाद, प्रत्येक व्यक्ति को पांच-पांच हनी बॉक्स और संबंधित टूलकिट्स वितरित किए जाएंगे। वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए जनपद में सामान्य एवं पिछड़ा वर्ग के कुल 20 व्यक्तियों का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। इच्छुक अभ्यर्थी upkhaditoolkit.upsdc.gov.in पर ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं। ऑनलाइन आवेदन के बाद, उन्हें अपने आवेदन की हार्ड कॉपी 11 जून 2026 तक जिला ग्रामोद्योग अधिकारी कार्यालय, बैंक ऑफ इंडिया प्रथम तल, रनियां, कानपुर देहात में कार्यालय दिवसों में जमा करनी होगी।
बुरहानपुर में भीषण गर्मी के कारण वन्यप्राणी पानी की तलाश में ग्रामीण इलाकों और जल स्रोतों के करीब पहुंच रहे हैं। किसी भी अप्रिय घटना को रोकने के लिए वन विभाग ने जिले में सतर्कता अभियान शुरू किया है। हाल ही में, खकनार क्षेत्र में जंगल में बकरी चराने गए एक व्यक्ति पर रीछ ने हमला कर दिया था। घायल व्यक्ति को जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उसका इलाज चल रहा है। कुछ दिन पहले नावथा और सोनुद के पास ताप्ती नदी किनारे ग्रामीणों ने शिकारी वन्यजीवों को देखा था। यहां एक मादा तेंदुआ और उसके दो शावकों की हलचल की भी सूचना मिली थी। इन घटनाओं के बाद से वन विभाग की टीम लगातार सर्चिंग कर रही है। नावरा, मांडवा और सीवल क्षेत्रों में एनाउंसमेंट के जरिए ग्रामीणों को जागरूक किया जा रहा है। ग्रामीणों को बताया जा रहा है कि खेत में काम करते समय या महुआ बीनते समय वे सतर्क रहें। अक्सर काम करते समय ग्रामीण या मजदूर आधे झुके रहते हैं, जिससे वन्यप्राणी उन्हें पशु समझकर हमला कर देते हैं। जिले की सीमा मेलघाट टाइगर रिजर्व से लगी होने के कारण बाघ, तेंदुआ और अन्य वन्यप्राणियों का आवागमन लगा रहता है, और गर्मी में ये गांव-शहर की सीमा तक पहुंच जाते हैं। नावरा रेंजर पुष्पेंद्र जादौन ने बताया कि वनकर्मी गांवों में जाकर ग्रामीणों को जागरूक कर रहे हैं। किसानों को खेत में अकेले न जाने और रात में झुंड में सतर्कता से जाने की सलाह दी जा रही है।
ईद-उल-अजहा पर कांग्रेस नेताओं ने दी बधाई, खड़गे-राहुल-प्रियंका ने एकता व भाईचारे की कामना की
ईद-उल-अजहा (बकरीद) के अवसर पर कांग्रेस के शीर्ष नेताओं ने देशवासियों को बधाई दी। कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे, कांग्रेस सांसद राहुल गांधी, प्रियंका गांधी वाड्रा समेत कई नेताओं ने शुभकामनाएं देते हुए एकता व भाईचारे की भावना की कामना की।
सोशल मीडिया पर तमंचे के साथ युवकों का वीडियो वायरल हुआ है। वीडियो नोएडा के अलग अलग हिस्से का बताया जा रहा है। वीडियो में युवक खुलेआम हथियार लहराते और दबंगई दिखाते नजर आ रहे हैं। सोशल मीडिया यूजर्स ने वीडियो को नोएडा पुलिस को टैग करते हुए आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। वीडियो सामने आने के बाद पुलिस ने मामले का संज्ञान लेते हुए जांच शुरू कर दी है। क्या है वीडियो में इसे देखेपुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि वीडियो कब और कहां शूट किए गए व हथियार असली हैं या नकली। पहला वीडियो 25 सेकेंड का है जिसमें चार से पांच युवक एक जगह एकत्र हैं। इनमें से एक के हाथ में तमंचा है। दूसरा वीडियो पांच सेकेंड का है। इसमें एक युवक छत पर खड़ा है और उसके हाथ में तमंचा है। वीडियो पास खड़े व्यक्ति ने बनाया है। इसमें आसपास की इमारतें भी दिख रही हैं। युवकों की पहचान जारीस्थानीय लोगों का कहना है कि इस तरह के वीडियो युवाओं में गलत संदेश फैलाते हैं और कानून व्यवस्था पर भी सवाल खड़े करते हैं। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि वीडियो में दिख रहे युवकों की पहचान की जा रही है। संबंधित थाना पुलिस और साइबर टीम सोशल मीडिया अकाउंट्स की मदद से आरोपियों तक पहुंचने का प्रयास कर रही है। यदि हथियार अवैध पाए गए तो आरोपियों के खिलाफ आर्म्स एक्ट समेत अन्य धाराओं में कार्रवाई की जाएगी।
उन्नाव में गुरुवार को ईद-उल-अजहा का पर्व अकीदत और उल्लास के साथ मनाया गया। मुस्लिम समुदाय ने अल्लाह की राह में कुर्बानी देकर अपनी आस्था व्यक्त की। जिले भर में शहर से लेकर ग्रामीण अंचलों तक पर्व को लेकर उत्साह देखा गया। इस दौरान नमाज अदा करने, कुर्बानी देने और गले मिलकर मुबारकबाद देने का सिलसिला चला। नमाज दो पालियों में अदा की गई। सुबह पहली नमाज 06:45 बजे और दूसरी नमाज 07:30 बजे अदा की गई। जिले की प्रमुख जामा मस्जिद, ईदगाह कॉलोनी, रहमत नगर मस्जिद, अहमद नगर, मदनी नगर, गोताखोर और करीमुल्ला कॉलोनी स्थित ईदगाहों व मस्जिदों में हजारों की संख्या में नमाजी एकत्र हुए। सभी ने विशेष ईद की नमाज अदा कर देश की तरक्की, अमन-चैन, भाईचारे और इंसानियत की सलामती के लिए दुआ मांगी। नमाज के बाद लोगों ने एक-दूसरे से गले मिलकर ईद की मुबारकबाद दी। नमाज की कुछ तस्वीरें देखें नमाज के बाद शुरू हुई कुर्बानी नमाज के बाद कुर्बानी का सिलसिला शुरू हुआ। लोगों ने अपने-अपने घरों में खस्सी की कुर्बानी दी। इस्लामी परंपरा के अनुसार, गोश्त को तीन भागों में बांटा गया: एक हिस्सा परिवार के लिए, दूसरा रिश्तेदारों के लिए और तीसरा गरीबों व जरूरतमंदों के लिए। इस बात का विशेष ध्यान रखा गया कि कुर्बानी का प्रदर्शन न हो, क्योंकि शरीयत में इसकी मनाही है। पर्व से एक दिन पहले बुधवार शाम को बाजारों में भारी भीड़ देखी गई। मुस्लिम समुदाय के लोगों ने इत्र, टोपी, रूमाल, सेवईं, लच्छा, जूते-चप्पल और त्योहार से संबंधित अन्य वस्तुओं की खरीदारी की। महिलाओं और बच्चों ने विशेष रूप से श्रृंगार सामग्री, कपड़े और अन्य सामान खरीदे। मनोहर नगर, करीमुल्ला कॉलोनी, रहमत नगर और अहमद नगर जैसे मुस्लिम बहुल इलाकों में देर रात तक बाजारों में रौनक बनी रही। पर्व के दौरान सुरक्षा और शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए प्रशासन पूरी तरह सतर्क रहा। जिलाधिकारी घनश्याम मीणा और पुलिस अधीक्षक जयप्रकाश सिंह ने कई मस्जिदों और ईदगाहों का दौरा किया। उन्होंने नमाजियों से गले मिलकर बकरीद की बधाई दी।
नरसिंहपुर जिले के कर्बला ईदगाह में आज गुरुवार को ईद-उल-अजहा (बकरीद) का पर्व उत्साह के साथ मनाया गया। बड़ी संख्या में मुस्लिम समाज के लोगों ने ईदगाह पहुंचकर विशेष नमाज अदा की। देश-दुनिया में अमन, चैन और खुशहाली की दुआ मांगी गई। नमाज के बाद लोगों ने एक-दूसरे को गले लगाकर ईद की मुबारकबाद दी, जिससे पूरे क्षेत्र में भाईचारे और सौहार्द का माहौल रहा। इस अवसर पर मालगुजार परिवार से हाजी मुर्तजा ने ईद-उल-अजहा के महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि यह पर्व कुर्बानी और त्याग का संदेश देता है। यह हजरत इब्राहीम अलैहिस्सलाम और उनके बेटे की कुर्बानी की याद में मनाया जाता है। उन्होंने कहा कि सभी लोग आपस में मिल-जुलकर खुशी मना रहे हैं और अधिकारियों-कर्मचारियों सहित सभी ने आपसी भाईचारे के साथ पर्व की खुशियां साझा कीं। हजरत इब्राहीम अलैहिस्सलाम की याद में मनाई जाती जामा मस्जिद के शहरी काजी मुफ्ती मुहम्मद दावर हुसैन ने ईद-उल-अजहा के महत्व पर जोर दिया। उन्होंने इसे खुशी, फरहत और इंसानियत का संदेश देने वाला मुकद्दस दिन बताया। काजी ने कहा कि दुनिया भर के मुसलमान इस दिन नमाज अदा करते हैं। यह ईद हजरत इब्राहीम अलैहिस्सलाम की याद में मनाई जाती है, जिन्होंने अल्लाह के हुक्म पर अपने बेटे हजरत इस्माइल अलैहिस्सलाम की कुर्बानी पेश करने का जज्बा दिखाया था। यह त्याग, समर्पण और आस्था का सबसे बड़ा प्रतीक है। समाज के लिए त्याग की भावना रखना काजी ने स्पष्ट किया कि कुर्बानी का वास्तविक अर्थ किसी जानवर को नुकसान पहुंचाना नहीं है। इसका अर्थ अल्लाह के हुक्म का पालन करना और इंसानियत, देश और समाज के लिए त्याग की भावना रखना है। उन्होंने कहा कि जरूरत पड़ने पर इंसान को अपने मुल्क, वतन और समाज के लिए कुर्बानी देने से पीछे नहीं हटना चाहिए। उन्होंने देश की आजादी में शहीद हुए देशभक्तों को भी याद किया, जिन्होंने अपने वतन के लिए अपनी जान न्यौछावर कर दी थी। ईदगाह में नमाज के दौरान पुलिस ने सुरक्षा व्यवस्था के भी पुख्ता इंतजाम किए गए थे। नमाज के बाद लोगों ने एक-दूसरे को ईद की मुबारकबाद दी और भाईचारे का संदेश दिया।
प्रतापगढ़ में मनाई गई बकरीद:ईदगाह पर सामूहिक नमाज, जगह-जगह पुलिस बल तैनात
प्रतापगढ़ में मुस्लिम समुदाय ने आज बकरीद का पर्व मनाया। शहर के ईदगाह मैदान पर बड़ी संख्या में मुस्लिम धर्मावलंबी एकत्र हुए। शहर काजी जफर शैख ने सामूहिक नमाज अदा करवाई। नमाज के बाद लोगों ने एक-दूसरे को गले लगाकर बकरीद की मुबारकबाद दी। इस अवसर पर ईदगाह मैदान पर अंजुमन फुरकानिया के सदर खान शेद खान के नेतृत्व में मुस्लिम समाज के लोगों ने प्रशासनिक और पुलिस अधिकारियों का स्वागत किया। कई जनप्रतिनिधि भी पहुंचे और मुस्लिम समाज को पर्व की शुभकामनाएं दीं। सुरक्षा व्यवस्था को लेकर पुलिस प्रशासन पूरी तरह सतर्क रहा। एसपी बी आदित्य के निर्देश पर ड्रोन कैमरों से पूरे क्षेत्र पर नजर रखी गई और शहर में जगह-जगह पुलिस बल तैनात किया गया। पुलिस प्रशासन ने लोगों से त्योहार को शांति और सौहार्दपूर्ण वातावरण में मनाने की अपील की।
एक तरफ चित्तौड़गढ़ सहित पूरा राजस्थान भीषण गर्मी और हीटवेव की मार झेल रहा है, वहीं दूसरी तरफ जिले में बड़े स्तर पर हरियाली बढ़ाने की तैयारी शुरू हो चुकी है। 5 जून से शुरू होने वाले हरियालो राजस्थान अभियान के तहत वन विभाग ने जिलेभर की 20 नर्सरियों में करीब 13 लाख 85 हजार पौधे तैयार किए हैं। इस बार अभियान को सिर्फ सरकारी कार्यक्रम तक सीमित नहीं रखा जा रहा, बल्कि आम लोगों की भागीदारी बढ़ाने पर भी जोर दिया जा रहा है। विभाग का मानना है कि बढ़ती गर्मी और लगातार बदलते मौसम के बीच ज्यादा से ज्यादा पौधरोपण ही आने वाले समय में राहत का बड़ा जरिया बन सकता है। घर, खेत, स्कूल और ऑफिस के लिए तैयार किए गए अलग-अलग पौधे वन विभाग ने इस बार लोगों की जरूरत और पसंद को ध्यान में रखते हुए अलग-अलग प्रजातियों के पौधे तैयार किए हैं। डीएफओ राहुल झाझरिया ने बताया कि नर्सरियों में अमरूद, अनार, शीशम और कचनार जैसे फलदार और छायादार पौधों के साथ-साथ गुलमोहर, बेल्टा फार्म और अन्य सजावटी प्रजातियों को भी तैयार किया गया है। कई पौधे ऐसे हैं जिनकी मांग इंडस्ट्री और संस्थानों की ओर से भी लगातार बढ़ रही है। विभाग का कहना है कि इस बार कोशिश यह है कि हर व्यक्ति अपनी जरूरत के हिसाब से पौधा चुन सके और ज्यादा से ज्यादा लोग पौधरोपण से जुड़ें। 5 जून से ऑनलाइन खरीद सकेंगे पौधे वन विभाग ने सभी तैयार पौधों का स्टॉक एफएमडीएसएस पोर्टल पर ऑनलाइन कर दिया है। 5 जून से आमजन इस पोर्टल के जरिए पौधे खरीद सकेंगे। विभाग के अनुसार ऑनलाइन व्यवस्था शुरू होने से लोगों को पौधों की उपलब्धता और प्रजातियों की जानकारी आसानी से मिल सकेगी। इससे नर्सरियों में अनावश्यक भीड़ भी कम होगी और पारदर्शिता बढ़ेगी। अधिकारियों का कहना है कि पिछले कुछ सालों में पौधों की मांग लगातार बढ़ी है, इसलिए इस बार पहले से ज्यादा स्टॉक तैयार किया गया है। जिले को मिला 32 लाख पौधरोपण का लक्ष्य हरियालो राजस्थान अभियान के तहत इस बार चित्तौड़गढ़ जिले को करीब 32 लाख पौधे लगाने का लक्ष्य दिया गया है। इसे लेकर जिला कलेक्टर डॉ. मंजू की अध्यक्षता में बैठक आयोजित कर अलग-अलग विभागों को जिम्मेदारी सौंप दी गई है। ग्रामीण विकास एवं पंचायती राज विभाग को 11 लाख 92 हजार पौधे लगाने का लक्ष्य दिया गया है, जबकि वन विभाग को 6 लाख 28 हजार पौधों का लक्ष्य मिला है। प्रशासन का फोकस इस बार गांवों, सड़क किनारों, स्कूलों, सरकारी परिसरों और खाली जमीनों पर ज्यादा से ज्यादा पौधरोपण करवाने पर रहेगा। पिछले साल से ज्यादा तैयार हुआ पौधों का स्टॉक डीएफओ के अनुसार इस साल करीब 12 लाख 20 हजार नए पौधे तैयार किए गए हैं। इसके अलावा पिछले साल के करीब 90 हजार पौधे भी उपलब्ध हैं। इस तरह कुल मिलाकर लगभग 13 लाख 85 हजार पौधों का स्टॉक तैयार किया गया है। इसके अलावा मनरेगा कार्यों के लिए अलग से 75 हजार पौधे रखे गए हैं। अधिकारी का कहना है कि पौधों की देखभाल और गुणवत्ता पर इस बार विशेष ध्यान दिया गया है ताकि लोगों को मजबूत और जल्दी बढ़ने वाले पौधे मिल सकें। जिले की 20 नर्सरियों में चल रही तैयारियां चित्तौड़गढ़ रेंज की चित्तौड़गढ़ नर्सरी और हथनी ओदी में सबसे ज्यादा 1 लाख 30 हजार-1 लाख 30 हजार पौधे तैयार किए गए हैं। वहीं सेमलपुरा में 40 हजार और नेचर पार्क में 10 हजार पौधे तैयार हुए हैं। निंबाहेड़ा रेंज के निंबाहेड़ा में 25 हजार, सांवलियाजी और मंगलवाड़ में 90-90 हजार पौधे तैयार किए गए हैं। विजयपुर रेंज के दूधी तलाई में 90 हजार, विजयपुर में 50 हजार और कनेरा में 20 हजार पौधे तैयार किए गए हैं। बेगूं रेंज के बेगूं में 30 हजार, पीपली खेड़ा और लाड़पुरा में 50-50 हजार तथा पारसोली में 1 लाख पौधे तैयार किए गए हैं। रावतभाटा रेंज के एकलिंगपुरा में 30 हजार और रावतभाटा में 20 हजार पौधे तैयार किए गए हैं। जावदा रेंज के आगरा में 30 हजार पौधे तैयार किए गए हैं। बोराव रेंज में बोराव में 60 हजार और गोपालपुरा में 40 हजार पौधे तैयार हुए हैं। वहीं कपासन रेंज के गंगरार में 35 हजार और कपासन में 1 लाख पौधे तैयार किए गए हैं। 5 रुपए से 75 रुपए तक में मिलेंगे पौधे वन विभाग ने पौधों की अलग-अलग ऊंचाई और प्रजातियों के हिसाब से दरें तय की हैं। कांटेदार प्रजाति के पौधे 5 रुपए में मिलेंगे। 2 फीट तक की ऊंचाई वाले छायादार और चौड़ी पत्ती वाले पौधों की कीमत 6 रुपए रखी गई है। 2 फीट से ऊपर और 3 फीट तक के पौधे 10 रुपए में उपलब्ध होंगे। वहीं 3 फीट से 5 फीट तक के पौधे 15 रुपए और 5 फीट से 8 फीट तक के पौधे 25 रुपए में मिलेंगे। 8 फीट से 10 फीट तक के बड़े पौधे 50 रुपए और 10 फीट से अधिक ऊंचाई वाले पौधे 75 रुपए में उपलब्ध होंगे। फलदार और छायादार पौधों की बढ़ रही मांग इस बार नर्सरियों में अर्जुन, जामुन, अमरूद, नींबू, करंज, अमलतास, कचनार, शहतूत, गुलमोहर, बिलपत्र, गूलर, चम्पा, कनेर, गुलाब और गुड़हल जैसी कई प्रजातियां तैयार की गई हैं। वन विभाग का कहना है कि अब लोग सिर्फ औपचारिक पौधरोपण नहीं कर रहे, बल्कि ऐसे पौधे चुन रहे हैं जो लंबे समय तक छाया दें, पर्यावरण बेहतर करें और फल भी दें। यही वजह है कि फलदार और छायादार पौधों की मांग लगातार बढ़ रही है। पर्यावरण बचाने के लिए जनभागीदारी पर जोर DFO राहुल का कहना है कि हरियालो राजस्थान अभियान का मुख्य उद्देश्य सिर्फ पौधे लगाना नहीं, बल्कि लोगों को पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूक करना भी है। विभाग ने लोगों से अपील की है कि वे अपने घर, खेत, गांव और आसपास खाली जगहों पर ज्यादा से ज्यादा पौधे लगाएं और उनकी देखभाल भी करें। अधिकारियों का मानना है कि अगर पौधरोपण को जनआंदोलन बनाया गया तो आने वाले सालों में जिले में हरियाली बढ़ेगी और बढ़ती गर्मी से भी राहत मिल सकेगी।
आज (28 मई) नौतपा का चौथा दिन है। सूर्य नगरी जोधपुर में इस बार तापमान करीब 46 डिग्री तक पहुंच चुका है। तेज झुलसाती गर्मी में पत्थरों के लिए पहचान रखने वाला ये शहर बुरी तरह से तप रहा है। इसके बाद भी तीखे मिर्ची बड़ों के लिए जोधपुरवासियों की दीवानगी कम नहीं हुई है। भरी दोपहरी में भी दुकानों पर मिर्ची बड़े का स्वाद लेते लोग आपको नजर आ जाएंगे। गर्मी में ठंडे पेय पदार्थ लस्सी, छाछ, गन्ने का जूस, कोल्ड ड्रिंक की डिमांड बढ़ी है तो वहीं दूध की सप्लाई भी घटी है। गर्मी में जल्दी दूध खराब होने के कारण अब दिन में केवल 60 हजार लीटर ही बिक रहा है। विदेशों में सप्लाई होने वाली मिठाइयों में भी कमी आई है। मारवाड़ की फेमस मथानिया मिर्ची की चमक धूप में भी बरकरार है। वहीं टूरिज्म पर असर देखा जा रहा है। गर्मी के कारण टूरिस्ट भी जोधपुर आने से कतरा रहे हैं। पढ़िए- नौतपा की रिपोर्ट… तेज गर्मी में तीखे मिर्ची बड़े का स्वाद जोधपुर में तापमान भले ही 46 डिग्री पार कर चुका हो, लेकिन मिर्ची बड़े के लिए लोगों का प्यार कम नहीं हुआ है। गर्मी में तीखे और चटपटे मिर्ची बड़े का स्वाद लेने लोग आज भी दुकानों पर पहुंच रहे हैं। कायलाना रोड पर अरोड़ा स्वीट के विक्की अरोड़ा का कहना है कि यहां के लोग इतने हिम्मत वाले हैं। उनके स्वाद को ये बढ़ता टेम्परेचर और चिलचिलाती धूप कम नहीं कर सकता। 50 डिग्री तापमान भी हो जाए तो लोग दुकान पर आकर मिर्ची बड़े की ही डिमांड करते हैं। यही कारण है कि आज भी दुकान पर आकर ग्राहक मिर्ची बड़ा खाकर जाते हैं और परिवार के लिए पैक कराकर लेकर जाते हैं। गर्मी कितनी भी हो, मामला स्वाद का हो तो क्या ही असर पड़ेगा। हां, बस फर्क इतना पड़ता है कि दो की जगह एक और 3 की जगह दो खा लेंगे। चलिए, अब मिर्ची बड़ा खाने आए ग्राहकों से भी जान लेते हैं कि तेज गर्मी में तीखे मिर्ची बड़े का स्वाद ठंडक दे रहा है या नमक पर जले का काम कर रहा है… गर्मी में मिर्ची बड़े के स्वाद की ठंडक अरोड़ा स्वीट पर मिर्ची बड़ा खाने आए एक ग्राहक ने बताया कि जोधपुर का मिर्ची बड़ा फेमस है। चाहे 50 डिग्री सेल्सियस पर तापमान पहुंच जाए, लेकिन हम लोग मिर्ची बड़ा खाना नहीं छोड़ेंगे। ग्राहक प्रेम कुमार ने बताया कि जोधपुर आएं और मिर्ची बड़ा न खाकर जाएं ऐसा नहीं हो सकता है। जब भी जोधपुर आते हैं, खाकर ही जाते हैं। इसका स्वाद गर्मी में भी मन को ठंडक देता है। ये ही कारण है कि तपती गर्मी में भी मिर्ची बड़ा खाने आया हूं। दूध की सप्लाई कम, गर्मी में फटने का रहता डर जोधपुर में दूध की बिक्री पर भी गर्मी का असर देखा जा रहा है। यहां चौहटे (दूध मंडी) पर करीब 346 दूध विक्रेता हैं, जो रोजाना एक से सवा लाख लीटर दूध बेचते हैं। लेकिन अब 50-60 हजार लीटर दूध की बिक्री हो रही है। दूध विक्रेता पप्पू ने बताया कि गर्मी के कारण दूध की सप्लाई पर असर पड़ा है। जितनी तेज गर्मी पड़ रही है, उसमें दो से तीन घंटे से ज्यादा दूध ड्रम में नहीं रख सकते हैं। अगर इससे ज्यादा देर तक ड्रम में दूध रखा तो फट जाएगा। इस सीजन में दूध 45 रुपए लीटर के करीब बिक रहा है। लस्सी, छाछ, रबड़ी की डिमांड बढ़ी सोलंकी स्वीट्स के ओनर राजेंद्र सोलंकी ने बताया कि गर्मी की वजह से दूध से बनी मिठाइयों को घटाया गया है। गर्मी के कारण सुबह-शाम ही ग्राहक आते हैं। दिन में कमी रहती है। यहां से पहले बड़ी संख्या में मिठाइयों की पैकिंग होकर अन्य राज्यों और विदेशों तक जाती है, लेकिन इन दिनों बिक्री घट गई है। सुरेंद्र ने बताया कि गर्मी के मौसम में लस्सी, छाछ, रबड़ी की डिमांड रहती है। दुकान पर आए तुलसीदास ने कहा कि दोपहर 12 से 4 बजे तक घर में ही बैठा रहना पड़ रहा है। गर्मी में बाहर निकलना मुश्किल है। तेज धूप में मजदूर परेशान भरी गर्मी में सड़क से गुजर रहे रविंद्र सिंह हाड़ा ने बताया कि जरूरी काम के लिए तो घरों से निकलना ही पड़ता है। इस गर्मी में हर कोई परेशान है। मजदूरों को तो तेज धूप में भी काम करना पड़ता है। सबके ही हाल बेहाल हैं। पानी का इंतजाम नहीं, वन्यजीव परेशान राहगीर भंवर सिंह ने बताया कि गर्मी के मौसम में वन्यजीवों के लिए भी संकट खड़ा हो गया है। पैदल चलने वालों के लिए पीने के पानी की प्रशासनिक स्तर पर कोई व्यवस्था नहीं की गई है। जो भी व्यवस्था की जा रही है, वह भामाशाहों के भरोसे है। इतनी भीषण गर्मी पड़ रही है कि छांव भी कई जगहों पर नसीब नहीं हो रही है। मथानिया मिर्च की चमक बरकरार जोधपुर की मथानिया मिर्च तीखेपन और अपने चटकीले लाल रंग के कारण विश्व में फेमस है। इस मिर्च पर गर्मी का असर नहीं पड़ता है। इसका कारण है कि ये मिर्च सर्दी में पकती है। इसके बाद इसे धूप में सुखाया जाता है। --- नौतपा से जुड़ी ये खबरें भी पढ़िए… 1. आसमान से आग बरस रही, पैरों में लकड़ी की चप्पल:ईंट भट्ठों पर पारा 50 डिग्री के पार; मजदूर बोले- घर चलाना है तो तपना पड़ेगा पाकिस्तान बॉर्डर के आखिरी जिले श्रीगंगानगर में दोपहर के 12 बजते-बजते सड़कों पर कर्फ्यू जैसा माहौल हो जाता है। (पढ़िए पूरी खबर) 2. सोने जैसा चमकने वाला किला भी तपा, दीवार छूना मुश्किल:जैसलमेर में टूरिस्ट पैकेज के रेट गिरे, महीनेभर खराब न होने वाली मिठाई का प्रोडक्शन आधा आज नौतपा का दूसरा दिन है और जैसलमेर की गर्मी अपने चरम पर है। यहां के वर्ल्ड फेमस सोनार किले (सोने जैसा चमकने वाला) की दीवारें तपने लगी हैं। पूरी खबर पढ़िए… 3. राजस्थान के सबसे गर्म शहर से रिपोर्ट:लोग घरों में कैद, सड़कों पर सन्नाटा पसरा; 48.3 डिग्री तक पहुंच चुका तापमान बाड़मेर, राजस्थान के सबसे गर्म शहरों में से एक…बाड़मेर इस महीने लगातार 3 दिन देश के सबसे गर्म शहरों में से एक था। 12 मई को तो तापमान 48.3 डिग्री पहुंच गया था। पूरी खबर पढ़िए…
राज्यमंत्री कृष्णा पासवान का बुधवार को खागा में भव्य स्वागत किया गया। योगी सरकार में पशुधन एवं दुग्ध विकास विभाग की राज्यमंत्री बनने के बाद यह उनका खागा में पहला आगमन था। नगर के बाईपास पर कार्यकर्ताओं और समर्थकों ने उनका जोरदार अभिनंदन किया, जिसके बाद उन्होंने नगर भ्रमण किया। राज्यमंत्री कृष्णा पासवान वेंटिज कार में सवार होकर खागा चेयरमैन गीता सिंह, जिला पंचायत अध्यक्ष अभय प्रताप उर्फ पप्पू सिंह और व्यापारी नेता शिवचंद शुक्ला सहित बड़ी संख्या में पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं के साथ बड़े हनुमान मंदिर पहुंचीं। मंदिर में दर्शन-पूजन के बाद उन्होंने नगर का भ्रमण किया। बुलडोजरों से हुई पुष्प वर्षा नगर भ्रमण के दौरान जगह-जगह लोगों ने पुष्प वर्षा कर उनका स्वागत किया। कार्यकर्ताओं ने तीन बुलडोजरों से फूल बरसाए। कई स्थानों पर उन्हें चांदी का मुकुट पहनाकर और मोमेंटो भेंट कर सम्मानित किया गया। शाम करीब 7 बजे से शुरू हुआ स्वागत कार्यक्रम देर रात तक चलता रहा। चार बार विधायक रह चुकी हैं कृष्णा पासवान कृष्णा पासवान खागा विधानसभा सीट से चार बार विधायक रह चुकी हैं। उन्होंने वर्ष 2002, 2012, 2017 और 2022 के विधानसभा चुनावों में जीत हासिल की थी। हालांकि वर्ष 2007 में उन्हें हार का सामना करना पड़ा था। उन्होंने अपने जीवन की शुरुआत आंगनबाड़ी कार्यकर्ता के रूप में की थी और बाद में राजनीति में सक्रिय हुईं। वह दो बार जिला पंचायत सदस्य भी रहीं और वर्ष 2006 में भारतीय जनता पार्टी की फतेहपुर जिला अध्यक्ष भी रह चुकी हैं। सड़क निर्माण की जांच को लेकर आई थीं चर्चा में फरवरी 2026 में कृष्णा पासवान उस समय चर्चा में आई थीं, जब उन्होंने खागा में सड़क निर्माण में कथित भ्रष्टाचार की शिकायत मिलने पर खुद मौके पर पहुंचकर फावड़े से सड़क खोदकर गुणवत्ता की जांच की थी। जांच में सड़क निर्माण में अनियमितता सामने आने के बाद मामला काफी चर्चित हुआ था।
अमेठी में बकरीद की नमाज कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच शांतिपूर्ण माहौल में संपन्न हुई। जिले के 112 ईदगाहों और प्रमुख मस्जिदों में नमाज अदा की गई। किसी भी अप्रिय घटना को रोकने के लिए पुलिस प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद रहा, और पुलिस अधीक्षक सरवणन टी ने स्वयं विभिन्न इलाकों का दौरा कर सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया। पुलिस अधीक्षक सरवणन टी के निर्देश पर, सुरक्षा व्यवस्था के लिए पूरे जिले को चार जोन और 17 सेक्टर में विभाजित किया गया था। प्रत्येक जोन की कमान क्षेत्राधिकारी (सीओ) स्तर के अधिकारी को सौंपी गई, जबकि थाना प्रभारियों को सेक्टर प्रभारी बनाया गया। जिले भर में पुलिस बल तैनात रहा, और संवेदनशील तथा हॉटस्पॉट इलाकों में ड्रोन कैमरों से लगातार निगरानी की गई। बड़े ईदगाहों पर ड्रोन से लाइव मॉनिटरिंग भी की गई। सुरक्षा व्यवस्था को और सुदृढ़ करने के लिए एक कंपनी पीएसी भी तैनात की गई थी। पीएसी जवानों ने मिश्रित आबादी वाले क्षेत्रों और भीड़भाड़ वाले स्थानों पर फ्लैग मार्च किया। पुलिस अधीक्षक सरवणन टी ने अमेठी, गौरीगंज और जायस सहित कई ईदगाहों का व्यक्तिगत रूप से निरीक्षण कर सुरक्षा का जायजा लिया। पुलिस ने कुर्बानी स्थलों पर सीसीटीवी कैमरे भी लगवाए है। पुलिस अधीक्षक ने बताया कि प्रतिबंधित पशुओं की कुर्बानी रोकने के लिए विशेष टीमों का गठन किया गया था। इसके अतिरिक्त, साइबर सेल द्वारा सोशल मीडिया पर 24 घंटे निगरानी रखी गई।
मधुबनी रेलवे स्टेशन के प्लेटफॉर्म संख्या-3 पर गुरुवार तड़के एक ट्रेन के कोच में आग लग गई। घटना सुबह करीब 3:00 बजे हुई, जिसमें जयनगर-उधना एक्सप्रेस (ट्रेन संख्या 22563/64) का एक कोच (BC-154788/C) पूरी तरह जलकर राख हो गया। आग लगते ही स्टेशन परिसर में अफरा-तफरी मच गई। रेल पुलिस ने तुरंत अग्निशमन विभाग को सूचना दी। अग्निशमन टीम और रेलवे पुलिस के सहयोग से सुबह करीब 5:00 बजे आग पर काबू पा लिया गया। सुबह 7 बजे मची अफरा-तफरी घटना की गंभीरता को देखते हुए समस्तीपुर मंडल के डीआरएम ज्योति प्रकाश मिश्रा और आरपीएफ कमांडेंट आशीष कुमार सुबह करीब 7:00 बजे मधुबनी रेलवे स्टेशन पहुंचे। उन्होंने घटनास्थल का निरीक्षण किया। एफएसएल की टीम भी मौके पर मौजूद रही और साक्ष्य जुटाए। घटनास्थल से आई तस्वीरें … डीआरएम ज्योति प्रकाश मिश्रा ने मीडिया को बताया कि मामले की गहन जांच की जा रही है। उन्होंने कहा कि बिना पर्याप्त साक्ष्य के किसी निष्कर्ष पर पहुंचना उचित नहीं होगा। स्थानीय लोगों ने स्टेशन के आसपास नशेड़ियों के जमावड़े का जिक्र करते हुए असामाजिक तत्वों द्वारा आग लगाए जाने की आशंका जताई है, हालांकि रेलवे प्रशासन ने इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं की है। फिलहाल रेलवे प्रशासन ने स्टेशन परिसर में सुरक्षा व्यवस्था बढ़ा दी है और निगरानी तेज कर दी है। जांच पूरी होने के बाद ही घटना के वास्तविक कारणों का खुलासा किया जाएगा।
ईद-उल-अजहा पर अदा की गई नमाज:अमन-चैन की दुआ मांगी, फिरोजाबाद प्रशासन ने जिले को 8 जोन में बांटा
फिरोजाबाद में गुरुवार को ईद-उल-अजहा का त्योहार धार्मिक उल्लास और भाईचारे के साथ मनाया गया। मुस्लिम समुदाय के लोगों ने शहर की प्रमुख ईदगाहों, मस्जिदों और गांधी पार्क में नमाज अदा की। इस दौरान मुल्क में अमन-चैन और खुशहाली की दुआ मांगी गई। त्योहार को शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के लिए प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद रहा। गांधी पार्क में जिलाधिकारी संतोष कुमार शर्मा और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक आदित्य लांग्हे सहित भारी संख्या में पुलिस बल और प्रशासनिक अधिकारी मौजूद थे। नमाज के दौरान सुरक्षा व्यवस्था पर विशेष ध्यान दिया गया। 3 तस्वीरें देखिए… जिलाधिकारी संतोष कुमार शर्मा ने बताया कि ईद-उल-अजहा को सकुशल संपन्न कराने के लिए पूरे जिले को 8 जोन और 22 सेक्टर में बांटा गया था। प्रत्येक जोन और सेक्टर में मजिस्ट्रेट और पुलिस अधिकारियों की ड्यूटी लगाई गई थी, ताकि किसी भी अप्रिय स्थिति से तुरंत निपटा जा सके। प्रशासन द्वारा नमाज स्थलों पर पेयजल सहित अन्य आवश्यक व्यवस्थाएं भी की गई थीं। नमाज के बाद लोगों ने एक-दूसरे को गले मिलकर ईद की मुबारकबाद दी। शहर में भाईचारे और सौहार्द का माहौल बना रहा।
उदयपुर के भूपालपुरा थाना क्षेत्र में अपनी 12 वर्षीय बच्ची को स्विमिंग सिखाने ले गए एक पिता की पानी में डूबने से मौत हो गई। खास बात ये है कि मृतक को स्विमिंग नहीं आती थी। सूचना पर सिविल डिफेंस की टीम मौके पर पहुंची। टीम ने 10 मिनट में मृतक के शव को तलाशकर बाहर निकाला और पुलिस को सुपुर्द किया। सिविल डिफेंस के सदस्य कैलाश मेनारिया ने बताया कि घटना सुबह 7 बजे महासतिया स्थित गंगु कुंड की है। मृतक की पहचान 41 वर्षीय दुर्गा शंकर सालवी पिता हीरालाल सालवी निवासी ठोकर चौराहा के रूप में हुई है। मृतक छटपटाता रहा, लोगों ने नहीं किया बचाने का प्रयासजानकारी अनुसार मृतक दुर्गा शंकर अपनी 12 वर्षीय बच्ची को स्विमिंग कराने के लिए गंगु कुंड लेकर आए थे। बच्ची स्विमिंग कर रही थी और वे पानी किनारे सीढ़ियों पर बैठे थे। तभी अचानक उनका पैर फिसला और वे डूबते गए। उसी वक्त पास खड़े एक व्यक्ति ने उनका हाथ पकड़ने की कोशिश की लेकिन हाथ नहीं पकड़ पाए। कुछ देर मृतक दुर्गाशंकर पानी में छटपटाते रहे लेकिन आसपास स्विमिंग कर रहे अन्य लोगों ने उन्हें बचाने का प्रयास नहीं किया। बता दें, गंगु कुंड में रोज करीब 30 से 40 लोग स्विमिंग करने के लिए आते हैं लेकिन यहां सुरक्षा के कोई इंतजाम नहीं है।
श्रावस्ती मे बकरीद पर्व को शांतिपूर्ण और सौहार्दपूर्ण वातावरण में संपन्न कराने के उद्देश्य से श्रावस्ती जनपद में व्यापक सुरक्षा व्यवस्था लागू की गई है। इसी कड़ी में पुलिस अधीक्षक राहुल भाटी ने भारी पुलिस बल के साथ सड़कों पर फ्लैग मार्च और पैदल गश्त कर सुरक्षा इंतजामों का जायजा लिया। गश्त के दौरान प्रमुख बाजारों, मिश्रित आबादी वाले क्षेत्रों, संवेदनशील स्थानों और चौराहों पर विशेष सतर्कता बरती गई। पुलिस अधीक्षक ने आमजन, व्यापारियों और स्थानीय गणमान्य व्यक्तियों से संवाद स्थापित कर आपसी भाईचारा, शांति और कानून व्यवस्था बनाए रखने की अपील की। सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने के लिए संवेदनशील स्थानों की ड्रोन कैमरों से निगरानी की गई। इस दौरान यह स्पष्ट चेतावनी दी गई कि त्योहार की आड़ में अफवाह फैलाने या शांति भंग करने वाले किसी भी व्यक्ति के खिलाफ कठोर कानूनी कार्रवाई की जाएगी। पुलिस अधीक्षक ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे लगातार भ्रमणशील रहें, संदिग्ध व्यक्तियों पर कड़ी निगरानी रखें और सोशल मीडिया पर प्रसारित होने वाली भ्रामक सूचनाओं पर तत्काल संज्ञान लेकर प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित करें। एसपी राहुल भाटी ने बताया कि पूरे जनपद को 8 जोन और 17 सेक्टर में विभाजित कर सुरक्षा व्यवस्था की गई है। उन्होंने दोहराया कि अफवाह फैलाने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। जनपद पुलिस बकरीद त्योहार के मद्देनजर लगातार गश्त, चेकिंग और सतर्क निगरानी कर रही है, ताकि आमजन सुरक्षित और निर्भय होकर त्योहार मना सकें।
हरियाणा सरकार के सामाजिक न्याय, अधिकारिता, अनुसूचित जाति एवं पिछड़ा वर्ग कल्याण तथा अंत्योदय (सेवा) विभाग ने हरियाणा राज्य सफाई कर्मचारी आयोग के चेयरपर्सन, वाइस-चेयरपर्सन और सदस्यों की नियुक्ति को लेकर अधिसूचना जारी कर दी है। गवर्नर की मंजूरी के बाद जारी इस अधिसूचना के अनुसार INLD से बीजेपी में आए पूर्व विधायक ईश्वर सिंह पलाका को आयोग का चेयरपर्सन नियुक्त किया गया है, जबकि जींद निवासी भारत भूषण टाक को वाइस-चेयरपर्सन बनाया गया है। इसके अलावा आयोग में पांच सदस्यों की नियुक्ति की गई है। इनमें सोनीपत के मोहित वाल्मीकि, रेवाड़ी के जितेंद्र वाल्मीकि, कुरुक्षेत्र की रेखा रानी, अंबाला के संजीव घरू और फतेहाबाद के चंदर प्रकाश बोस्ती शामिल हैं। यहां पढ़िए नोटिफिकेशन... सदस्य के रूप में इन्हें मिली जिम्मेदारी सरकार द्वारा जारी आदेश में कहा गया कि नियुक्त पदाधिकारियों की सेवा शर्तें एवं अन्य नियम अलग से जारी किए जाएंगे। यह आयोग सफाई कर्मचारियों से जुड़े मामलों, उनके कल्याण और अधिकारों की निगरानी के लिए कार्य करेगा।सदस्य के रूप में मोहित वाल्मीकि, जितेंद्र वाल्मीकि, रेखा रानी, संजीव घरू, चंदर प्रकाश बोस्ती को जिम्मेदारी मिली है। यह अधिसूचना 27 मई 2026 को अतिरिक्त मुख्य सचिव डॉ. जी. अनुपमा द्वारा जारी की गई।
मऊ जिले में गैंगस्टर मामले में बुधवार को कोर्ट ने दो आरोपियों को दोषी करार दिया है। गैंगस्टर मामलों के विशेष न्यायाधीश अजय कुमार श्रीवास्तव ने दोनों दोषियों को सात वर्ष के कठोर कारावास और अर्थदंड की सजा सुनाई। प्रत्येक दोषी को 20 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया गया है। जुर्माना अदा न करने पर उन्हें तीन माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा। यह मामला चिरैयाकोट थाना क्षेत्र से संबंधित है। तत्कालीन थानाध्यक्ष अमरजीत सिंह ने गैंगस्टर एक्ट के तहत प्राथमिकी दर्ज कराई थी। मामले में अभियोजन पक्ष की ओर से विशेष शासकीय अधिवक्ता कृष्ण शरण सिंह ने पैरवी की और अभियोजन कथानक को संदेह से परे साबित किया। वहीं, बचाव पक्ष के अधिवक्ता ने आरोपी को कम से कम सजा देने का अनुरोध किया था। गैंगस्टर मामलों के विशेष न्यायाधीश अजय कुमार श्रीवास्तव ने दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद चिरैयाकोट थाना क्षेत्र के महतवाना गांव निवासी अफरोज उर्फ मिस्टर और कमर उर्फ प्रिंस को दोषी करार दिया।
कासगंज जिले की कोतवाली ढोलना क्षेत्र में एक व्यक्ति की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। मृतक के साले ने पुलिस को जीजा की गला दबाकर हत्या किए जाने की सूचना दी थी। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। प्रारंभिक जांच में पुलिस को बीमारी के कारण मौत होने का संदेह है। यह घटना बुधवार रात करीब 11:30 बजे की है। पुलिस को एक मोबाइल नंबर से भूरी सिंह पुत्र धर्म सिंह ने कॉल कर सूचना दी। भूरी सिंह, निवासी सहजाबाद, उदयपुर, थाना गंगीरी, जनपद अलीगढ़ ने बताया कि उसके जीजा राकेश सिंह पुत्र कायम सिंह, निवासी नगला बंजारा (उम्र करीब 40 वर्ष) की गला दबाकर हत्या कर दी गई है। मौके पर पहुंचकर पुलिस ने जानकारी जुटाई तो पता चला कि मृतक राकेश सिंह पिछले लगभग 8 वर्षों से टीबी की बीमारी से पीड़ित थे। पिछले दो दिनों से उन्हें पेशाब बंद होने की भी समस्या थी। परिजनों के अनुसार, 27 मई को उन्हें इलाज के लिए अलीगढ़ मेडिकल कॉलेज ले जाया गया था, जहाँ डॉक्टरों ने इलाज करने से मना कर दिया। इसके बाद, परिजन उन्हें एक निजी अस्पताल ले जा रहे थे, तभी रास्ते में उनकी मृत्यु हो गई। आरोप के आधार पर, पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए जिला अस्पताल की मोर्चरी भेज दिया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद आवश्यक कानूनी कार्रवाई की जाएगी। मौके पर कानून व्यवस्था सामान्य है और फील्ड यूनिट जांच कर रही है। प्रभारी निरीक्षक ढोलना ने इसकी पुष्टि की है।
27 लाख रुपये हड़पने का आरोप:पीलीभीत में पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष के पति मोहम्मद आरिफ समेत दो पर FIR
पीलीभीत में जमीन दिलाने के नाम पर 27 लाख रुपये की धोखाधड़ी के मामले में एफआईआर दर्ज की गई है। पुलिस अधीक्षक के आदेश पर सदर कोतवाली में यह रिपोर्ट पूर्व जिला पंचायत अध्यक्षा मरहूमा रुकैया बेगम के पति मोहम्मद आरिफ और गौरव जायसवाल के खिलाफ दर्ज हुई है। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। सदर कोतवाली क्षेत्र के मोहल्ला आसफजान निवासी शरद कुमार ने पुलिस अधीक्षक को दिए प्रार्थना पत्र में बताया कि उनके परिचित मोहम्मद आरिफ (निवासी मोहल्ला अशरफ खान, कोर्ट रोड) मई 2023 में गौरव जायसवाल (निवासी नरियावल, बरेली) को उनके पास लाए थे। आरिफ ने शरद को बताया था कि गौरव जमीन खरीदने और बेचने का काम करता है और वे दोनों साथ मिलकर काम कर रहे हैं। आरिफ के भरोसे पर शरद कुमार ने 10 जून 2023 से ऑनलाइन और नकद माध्यम से कुल 27 लाख रुपये गौरव जायसवाल के खाते में ट्रांसफर कर दिए। आरोप है कि इसके बाद आरोपियों ने टाल-मटोल करना शुरू कर दिया। न तो रुपये वापस किए गए और न ही संपत्ति के कागजात दिए गए। बाद में पीड़ित को जानकारी मिली कि गौरव पर पहले से भी कई मुकदमे दर्ज हैं। पीड़ित ने यह भी आरोप लगाया है कि 5 अप्रैल 2026 को शाम लगभग 7 बजे आरिफ, गौरव और 4-5 अज्ञात लोग उनके घर आए। उन्होंने शरद कुमार को पैसे भूल जाने की बात कहते हुए जान से मारने की धमकी दी। शोर सुनकर राहगीरों के इकट्ठा होने पर आरोपी वहां से फरार हो गए। दूसरी ओर, पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष के पति मोहम्मद आरिफ ने इन आरोपों से इनकार किया है। उनका कहना है कि वे शिकायतकर्ता को जानते तक नहीं हैं और उनके खिलाफ राजनीतिक साजिश के तहत यह झूठी रिपोर्ट दर्ज कराई गई है। मोहम्मद आरिफ के अनुसार, उनका इस मामले से कोई संबंध नहीं है।
अमरोहा जनपद में ईद-उल-अजहा का त्योहार धार्मिक उत्साह और शांतिपूर्ण माहौल में मनाया गया। शहर की प्रमुख ईदगाह सहित जनपद भर की 237 ईदगाहों और मस्जिदों में मुस्लिम समाज के लोगों ने सुबह ईद-उल-अजहा की नमाज अदा की। इस दौरान सुरक्षा व्यवस्था चाक-चौबंद रही।नमाजियों ने मुल्क में अमन-चैन और खुशहाली के लिए दुआएं मांगीं। नमाज के बाद एक दूसरे को गले मिलकर दी ईद की मुबारकबाद नमाज के बाद लोगों ने एक-दूसरे को गले लगाकर ईद की मुबारकबाद दी।ईद के अवसर पर जिला प्रशासन और पुलिस प्रशासन पूरी तरह अलर्ट रहा। जिलाधिकारी नितिन गौड़ और पुलिस अधीक्षक लखन सिंह यादव ने जनपद भर में सुरक्षा व्यवस्था की लगातार निगरानी की। डीएम एसपी भ्रमणशील रहकर लेते रहे हालात का जायजा संवेदनशील इलाकों और सभी प्रमुख ईदगाहों के आसपास भारी पुलिस बल तैनात किया गया था। पुलिस, पीएसी और खुफिया विभाग की टीमें भी सक्रिय रहीं। प्रशासन ने नमाज के दौरान ड्रोन से भी निगरानी रखी। प्रशासन की सतर्कता और लोगों के सहयोग से ईद का त्योहार शांतिपूर्ण माहौल में संपन्न हुआ।
डीग के बेटे ने चीन में जीता सिल्वर मेडल:योगेंद्र सोगरवाल को एसपी कांबले ने किया सम्मानित
चीन में हुई एशिया सब जूनियर-जूनियर पावरलिफ्टिंग प्रतियोगिता में सिल्वर मेडल जीतने वाले डीग जिले के खिलाड़ी योगेंद्र सोगरवाल को जिला पुलिस अधीक्षक (एसपी) कार्यालय में सम्मानित किया गया। एसपी शरण गोपीनाथ कांबले ने उन्हें पदक पहनाकर सम्मानित किया। यह अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिता 9 से 15 मई तक चीन में आयोजित की गई थी। इसमें डीग के योगेंद्र सोगरवाल और अलवर के जितेंद्र शर्मा का चयन हुआ था। दोनों खिलाड़ियों ने उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए रजत पदक हासिल किए, जिससे देश का गौरव बढ़ा। एसपी कार्यालय में हुआ सम्मानभारत लौटने पर दोनों खिलाड़ियों का विभिन्न स्थानों पर स्वागत किया गया। इसी कड़ी में एसपी कामले शरण गोपीनाथ ने अपने कार्यालय में योगेंद्र सोगरवाल को सम्मानित किया। इस अवसर पर योगेंद्र के पिता लोचन सिंह को भी बधाई दी गई और खिलाड़ी के उज्ज्वल भविष्य की कामना की गई।इस अवसर पर अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ी और पावरलिफ्टिंग इंडिया के कोच आशीष जैमन भी मौजूद थे।
बदायूं में एक महिला से मारपीट का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद पुलिस ने कार्रवाई की है। इस मामले में पिता-पुत्र समेत चार लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है। वायरल वीडियो में पीड़ित महिला आरोपियों के सामने पैर छूकर माफी मांगती दिख रही है। पुलिस ने महिला का मेडिकल परीक्षण कराया है और मामले की जांच शुरू कर दी है। यह घटना कादरचौक थाना क्षेत्र के रमजानपुर गांव की है। गांव की निवासी रूपा पत्नी शिवदयाल ने कादरचौक पुलिस को दी अपनी तहरीर में बताया कि गांव के अमर सिंह, हरिओम, बंदपाल और उनके पिता राममूर्ति उसे अक्सर परेशान करते हैं। विरोध करने पर वे उसके साथ मारपीट करते हैं। रूपा ने आरोप लगाया कि दो दिन पहले भी इन चारों लोगों ने उसके साथ मारपीट की थी। इसी दौरान किसी व्यक्ति ने घटना का वीडियो बना लिया, जो अब सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। वायरल वीडियो में राममूर्ति के परिवार की एक महिला रूपा के बाल पकड़े दिख रही है। इसके बाद रूपा खुद को छुड़ाकर वहां मौजूद लोगों के पैर छूकर बचाव की गुहार लगाती नजर आ रही है। घटना के बाद रूपा ने पुलिस से शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने उसका मेडिकल परीक्षण कराया, जिसकी रिपोर्ट में शरीर पर कई जगह चोटों के निशान पाए गए हैं। पुलिस ने रूपा की तहरीर के आधार पर अमर सिंह, हरिओम, बंदपाल और राममूर्ति के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है। थानाध्यक्ष विक्रम सिंह ने बताया कि वायरल वीडियो और मिली तहरीर के आधार पर मामले की गहन जांच की जा रही है। उन्होंने आश्वस्त किया कि जांच में जो भी तथ्य सामने आएंगे, उनके आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
बिजनौर जिले में गुरुवार को ईद उल अजहा का त्योहार शांतिपूर्वक और धूमधाम से मनाया गया। जिले भर की ईदगाहों और मस्जिदों में नमाज अदा की गई। सरकारी दिशानिर्देशों का पालन करते हुए सड़कों पर नमाज नहीं पढ़ी गई। इस दौरान सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए थे और पुलिस-प्रशासन के अधिकारी मौजूद रहे। शहर काजी मोहम्मद माजिद अली ने सुबह 7 बजे ईदगाह में ईद उल अजहा की नमाज अदा कराई। उन्होंने देश और शहर में अमन-शांति तथा आपसी भाईचारे के लिए दुआएं मांगीं। हजारों की संख्या में मुस्लिम समाज के लोग नमाज अदा करने ईदगाह पहुंचे। इस अवसर पर नगीना से सांसद और आजाद समाज पार्टी के अध्यक्ष चंद्रशेखर आजाद भी ईदगाह पहुंचे। उन्होंने नमाज पढ़कर लौट रहे मुस्लिम समाज के लोगों पर पुष्प वर्षा कर उन्हें ईद की बधाई दी। उनके साथ पूर्व झालू अध्यक्ष शहजाद अहमद और तुफैल अहमद सहित आजाद समाज पार्टी के कई पदाधिकारी व कार्यकर्ता मौजूद थे। समाजवादी पार्टी के नेता और पूर्व चेयरपर्सन पति शमशाद अंसारी ने भी कैंप लगाकर मुस्लिम समाज के लोगों को ईद उल अजहा की बधाई दी। नमाज के उपरांत मुस्लिम समाज के लोगों ने जानवरों की कुर्बानी की रस्म अदा की। ईदगाह में शहर काजी मोहम्मद माजिद अली और मौलवी कारी अरशद मदनी सहित कई धर्मगुरुओं ने तकरीरें कीं। धर्मगुरुओं ने इस्लाम में ईद उल अजहा के महत्व पर प्रकाश डाला और युवाओं को महत्वपूर्ण नसीहतें दीं। कारी अरशद मदनी ने विशेष रूप से महंगी शादियों पर बात करते हुए मुस्लिम समाज से दहेज मुक्त और हुजूर की सुन्नत के मुताबिक विवाह करने का आह्वान किया। ईदगाह जाने वाले मार्गों पर विभिन्न राजनीतिक दलों और सामाजिक संगठनों द्वारा कैंप लगाए गए थे, जहां लोगों को ईद की शुभकामनाएं दी गईं। इसके अलावा, ईदगाह के चारों ओर पोस्टर लगाकर लोगों से ईदगाह के अंदर ही नमाज पढ़ने की अपील की गई थी।
अपराधियों की आपराधिक गतिविधियों पर प्रभावी नियंत्रण के लिए कार्रवाई करते हुए डीएसटी और करेड़ा पुलिस ने हत्या के प्रयास में वांटेड इनामी बदमाश को गिरफ्तार किया। यह था मामला करेड़ा थानाधिकारी पूरण मल मीणा ने बताया कि प्रार्थी कन्हैया लाल गुर्जर निवासी नाहरी हाल जालमपुरा चौराहा ने रिपोर्ट देकर बताया कि भतीजा धवल गुर्जर 6 फरवरी को भीलवाड़ा से नाहरी आ रहा था। रास्ते में देर रात होने के कारण उसके साडू के यहां केसरपुरा रूक गया। सुबह वहां लड़ाई झगड़ा होने के कारण भतीजेने बीच बचाव किया। लोहे के सरिए और डंडों से पीटा इसके बाद वह वहां से नाहरी आने के लिए पैदल ही निकल गया। जालमपुरा चौराहा-छापरिया खेड़ा मोड़ के आसपास एक स्विफ्ट गाड़ी आई। इसमें बिठाकर जगदीश गुर्जर और अन्य युवकों ने डंडों और लोहे के सरिये से धवल के साथ मारपीट की। इससे धवल के गंभीर चोटें आई व कई हड्डियां टूट गई।आरोपी उसे छोड़कर फरार हो गए। इस रिपोर्ट पर पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरु की। परम्परागत पुलिसिंग से आरोपी को पकड़ा मामले में वांटेड चल रहे इनामी अपराधी काना उर्फ कन्हैया लाल पुत्र श्रवण लाल गुर्जर निवासी सराधना का बाडिया थाना करेड़ा की गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीम ने वैज्ञानिक तरीकों के साथ-साथ परंपरागत पुलिसिंग को अपनाते हुए मुखबिर से जानकारी जुटाई। कई मामले पहले से दर्ज मोबाइल नंबर की सीडीआर का डिटेल का एनालिसिस करने के बाद इनामी अपराधी काना को गिरफ्तार किया। आरोपी काना करेड़ा थाना सर्कल का आदतन अपराधी है।इसके खिलाफ करेड़ा थाने में दो और बागोर थाने में एक मामला दर्ज है।इसकी गिरफ्तारी पर पांच हजार का इनाम भी घोषित किया था। ये थे टीम में शामिल आरोपी को पकड़ने वाली टीम में करेड़ा थाना प्रभारी पुराणमल, एसआई कन्हैयालाल, एएसआई अर्जुन सिंह, हेड कांस्टेबल कालूराम, कांस्टेबल राकेश, कन्हैया, बनवारी, घेवर राम, घीसू लाल और जितेंद्र सिंह शामिल रहे।
बदायूं में तीन डकैत मुठभेड़ में गिरफ्तार:दो गोली लगने से हुए घायल, एक सिपाही भी गोली लगने से हुआ घायल
बदायूं के इस्लामनगर थाना क्षेत्र में डकैती के एक मामले में पुलिस ने तीन और बदमाशों को गिरफ्तार किया है। देर रात हुई मुठभेड़ के दौरान दो बदमाशों को गोली लगी, जबकि एक सिपाही भी घायल हो गया। यह घटना एक बंद पड़े ईंट भट्ठे के पास हुई, जहां पुलिस और बदमाशों का आमना-सामना हुआ था। पुलिस की चेकिंग टीम इस्लामनगर क्षेत्र में संदिग्धों की तलाश में गश्त कर रही थी। इसी दौरान, बंद पड़े ईंट भट्ठे के पास कुछ बदमाश पुलिस को देखकर भागने लगे। पुलिस ने उनका पीछा किया, जिस पर बदमाशों ने टीम पर गोलियां चला दीं। जवाबी कार्रवाई में बरेली जिले के सिरौली थाना क्षेत्र के प्यास मोहल्ला निवासी नदीम उर्फ शाकिब और आस मोहम्मद के पैर में गोली लगी। गोली लगने के बाद नदीम और आस मोहम्मद को मौके से पकड़ लिया गया। पुलिस ने घेराबंदी कर प्यास मोहल्ला निवासी सद्दू को भी गिरफ्तार कर लिया। मुठभेड़ के दौरान सिपाही अमित कुमार भी गोली लगने से घायल हो गए, जिन्हें तुरंत अस्पताल में भर्ती कराया गया है। हालांकि, बदमाशों के दो साथी अंधेरे का फायदा उठाकर मौके से फरार होने में कामयाब रहे। एसपी देहात डॉ. हृदेश कठेरिया ने बताया कि फरार हुए दो बदमाशों की तलाश में पुलिस कॉम्बिंग कर रही है। पुलिस ने गिरफ्तार आरोपियों के कब्जे से तमंचे, कारतूस, लूटी गई नकदी और जेवर बरामद किए हैं। यह वही गिरोह है जिसने 16 मई की रात डकैती की वारदात को अंजाम दिया था। घायल बदमाशों को पुलिस निगरानी में अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उनका इलाज जारी है।
दिल्ली की जामा मस्जिद समेत पूरे देश में कड़ी सुरक्षा के बीच मनाई जा रही बकरीद
पूरे देश में बकरीद उत्साह के साथ मनाई जा रही है। सुबह से ही हजारों की संख्या में लोग मस्जिदों और ईदगाहों में इकट्ठा हुए और विशेष नमाज अदा की।
जालौन जनपद में गुरुवार को बकरीद का पर्व उल्लास और सौहार्दपूर्ण वातावरण में मनाया गया। जिले के विभिन्न नगरों और कस्बों की ईदगाहों एवं मस्जिदों में मुस्लिम समुदाय के लोगों ने बड़ी संख्या में नमाज अदा की। इस दौरान देश में अमन-चैन, भाईचारे और खुशहाली की दुआ मांगी गई। नमाज के बाद लोगों ने एक-दूसरे को गले मिलकर बकरीद की मुबारकबाद दी। जनपद मुख्यालय उरई के साथ-साथ कोंच, कालपी, जालौन, माधौगढ़ और ग्रामीण क्षेत्रों की मस्जिदों तथा ईदगाहों में सुबह से ही नमाजियों की भीड़ उमड़ पड़ी थी। निर्धारित समय पर इमामों ने नमाज अदा कराई और बकरीद के महत्व पर प्रकाश डाला। नमाज के उपरांत लोगों ने कुर्बानी की तैयारियां शुरू कर दीं। बकरीद के मद्देनजर जिला प्रशासन और पुलिस प्रशासन पूरी तरह अलर्ट पर रहा। जिलाधिकारी, पुलिस अधीक्षक, संबंधित एसडीएम और सभी सर्किलों के क्षेत्राधिकारी अपने-अपने क्षेत्रों में लगातार भ्रमण करते रहे। संवेदनशील स्थानों पर भारी पुलिस बल तैनात किया गया था, और प्रमुख चौराहों तथा बाजारों में भी सुरक्षा व्यवस्था कड़ी रखी गई। प्रशासन ने ड्रोन कैमरों और सीसीटीवी के माध्यम से भी निगरानी की, ताकि किसी भी प्रकार की अव्यवस्था उत्पन्न न हो। पुलिसकर्मी लगातार गश्त करते देखे गए। जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक ने निर्धारित स्थानों पर ही कुर्बानी करने के निर्देश दिए। उन्होंने संयुक्त रूप से यह भी कहा कि यदि सोशल मीडिया पर किसी प्रकार की कोई भ्रामक सूचना डाली जाती है, तो इस मामले में कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
महराजगंज में गुरुवार को ईद-उल-अजहा का त्योहार पूरे जिले में धार्मिक उल्लास और शांतिपूर्ण माहौल में मनाया गया। मुस्लिम समुदाय के लोगों ने प्रमुख ईदगाहों और मस्जिदों में नमाज अदा की और देश-प्रदेश में अमन-चैन, तरक्की व खुशहाली की दुआ मांगी। नमाज के बाद लोगों ने एक-दूसरे को गले लगाकर ईद की मुबारकबाद दी। शहर के बिस्मिल नगर स्थित नूरी जामा मस्जिद के ईदगाह में सुबह से ही नमाजियों की भारी भीड़ उमड़ी। यहां हजारों लोगों ने एक साथ ईद-उल-अजहा की नमाज अदा की। नमाज के दौरान पूरे क्षेत्र में अनुशासन और श्रद्धा का माहौल बना रहा। त्योहार को शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के लिए प्रशासन पूरी तरह सतर्क और मुस्तैद रहा। नूरी जामा मस्जिद ईदगाह पर जिलाधिकारी गौरव सिंह सोगरवाल और पुलिस अधीक्षक शक्तिमोहन अवस्थी स्वयं मौजूद रहे। उन्होंने सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया। उनके साथ बड़ी संख्या में पुलिस बल, प्रशासनिक अधिकारी और सुरक्षाकर्मी तैनात थे। जिलाधिकारी गौरव सिंह सोगरवाल ने बताया कि ईद-उल-अजहा के अवसर पर जिलेभर में व्यापक सुरक्षा व्यवस्था की गई थी। सभी प्रमुख ईदगाहों और मस्जिदों पर सेक्टर मजिस्ट्रेट, पुलिस अधिकारियों और पर्याप्त पुलिस बल की ड्यूटी लगाई गई थी, ताकि किसी भी अप्रिय स्थिति से तुरंत निपटा जा सके। उन्होंने कहा कि प्रशासन का उद्देश्य त्योहार को शांतिपूर्ण एवं सौहार्दपूर्ण वातावरण में संपन्न कराना था। पुलिस अधीक्षक शक्तिमोहन अवस्थी ने जानकारी दी कि संवेदनशील स्थानों पर विशेष निगरानी रखी गई थी और लगातार पेट्रोलिंग की जा रही थी। नमाज स्थलों पर पेयजल, साफ-सफाई और अन्य आवश्यक व्यवस्थाएं भी प्रशासन द्वारा सुनिश्चित कराई गई थीं। ईद के मौके पर शहर और ग्रामीण क्षेत्रों में भाईचारे, प्रेम और सौहार्द का माहौल बना रहा। लोगों ने आपसी मेल-मिलाप के साथ त्योहार की खुशियां साझा कीं।
हाथरस में बकरीद का त्योहार कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच मनाया जा रहा है। आज सुबह मुरसान गेट स्थित ईदगाह में हजारों नमाजियों ने नमाज अदा की।मौलाना इकबाल ने नमाज अदा कराई और देश की तरक्की के लिए दुआ मांगी। हाफिज हारुन नदवी ने तकरीरें दीं। नमाज के बाद लोगों ने एक-दूसरे को गले मिलकर ईद की मुबारकबाद दी। ईदगाह के बाहर पर्याप्त पुलिस बल तैनात था। पुलिस प्रशासन ने ड्रोन कैमरे से निगरानी कराई। जब भीड़ ज्यादा एकत्रित हुई तो पुलिस ने ईदगाह का गेट बंद कर दिया, ताकि कोई सड़क पर नमाज अदा न कर सके। प्रशासन और मुस्लिम इंतजामिया कमेटी ने सड़क पर नमाज अदा करने की कोशिश कर रहे लोगों को आसपास की मस्जिदों में भेजा। इस मौके पर यह अनाउंसमेंट भी किया गया के जो लोग देरी से आए हैं वह आसपास की मस्जिदों में नमाज अदा करने चले जाएं। इस अवसर पर मुस्लिम इंतजामिया कमेटी के सदर राहत अहमद कुरेशी और डॉ. रईस अहमद अब्बासी, हाजी फजलुररहमान सहित अन्य पदाधिकारी मौजूद थे। मुस्लिम इंतजामिया कमेटी के पदाधिकारियों और धर्मगुरुओं ने सभी को ईद की मुबारकबाद दी। उन्होंने कुर्बानी देते समय शासन की गाइडलाइन का पूरी तरह से पालन करने का भी आग्रह किया। काफी राजनेता भी पहुंचे ईद की मुबारकबाद देने... समाजवादी पार्टी, बहुजन समाज पार्टी और आजाद समाज पार्टी के नेताओं ने भी मुस्लिम समाज को ईद की मुबारकबाद दी। सपा नेता बृजमोहन राही, लल्लन बाबू एडवोकेट, रामनारायण काके, मोहर सिंह ने ईदगाह के बाहर लोगों को मुबारकबाद दी। बसपा के जिला अध्यक्ष राज कपूर और आजाद समाज पार्टी के जिला अध्यक्ष प्रकाश चंद्र गौतम भी मुस्लिम समाज के लोगों को ईद की मुबारकबाद देते नजर आए। पुलिस फोर्स रही मौजूद... इस मौके पर उप जिलाधिकारी सदर राज बहादुर, सीओ सिटी हिमांशु माथुर और कोतवाली निरीक्षक सत्येंद्र सिंह राघव भारी पुलिस बल के साथ मौजूद थे। ईदगाह का गेट बंद कर बाद में आई नमाजियों को दूसरी मस्जिद में भेजती पुलिस और मुस्लिम इंतजामिया कमेटी के पदाधिकारी। ईदगाह के ऊपर उड़ता ड्रोन। नमाज अदा करते लोग और ईद की एक दूसरे को मुबारकबाद देते लोग। वीडियो।
देवरिया जिले में ईद-उल-अजहा (बकरीद) का पर्व गुरुवार को पारंपरिक और शांतिपूर्ण माहौल में मनाया गया। सुबह से ही ईदगाहों और मस्जिदों में मुस्लिम समुदाय के लोग नमाज अदा करने के लिए उमड़ पड़े। लोगों ने अकीदत के साथ नमाज अदा कर देश में अमन-चैन और खुशहाली की दुआ मांगी। नमाज के बाद लोगों ने एक-दूसरे से गले मिलकर बकरीद की मुबारकबाद दी। पर्व के अवसर पर जिलेभर में सुरक्षा व्यवस्था चाक-चौबंद रही। प्रमुख ईदगाहों और मस्जिदों के आसपास पुलिस बल तैनात किया गया था। प्रशासनिक अधिकारियों ने भी लगातार व्यवस्थाओं का जायजा लिया, ताकि पर्व शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हो सके। नमाज अदा करने के बाद लोगों ने घरों पर अल्लाह की राह में जानवरों की कुर्बानी दी। कुर्बानी का सिलसिला अगले दो दिनों तक जारी रहेगा। इस दौरान घरों में मेहमानों के स्वागत के लिए विभिन्न प्रकार के पकवान और पारंपरिक व्यंजन तैयार किए गए। अंजुमन इस्लामिया के सदर मो. जलालुद्दीन खां द्वारा जारी कार्यक्रम के अनुसार, शहर की विभिन्न मस्जिदों और ईदगाहों में सुबह 6 बजे से 7 बजे के बीच नमाज अदा की गई। मालवीय रोड स्थित ईदगाह में सुबह 6:30 बजे और जामा मस्जिद में 7 बजे नमाज हुई। छोटी मस्जिद, हजरत अली मस्जिद अलीनगर और महुआबारी पुरानी मस्जिद में सुबह 6 बजे नमाज अदा की गई। अहमदनगर मस्जिद और मजार शरीफ में 6:15 बजे नमाज हुई। नई कॉलोनी मस्जिद, पुरानी मस्जिद खरजरवा, रजा मस्जिद रघवापुर, मदनी जामा मस्जिद महुआबारी, मस्जिद खैर रहमत नगर रघवापुर, मक्की मस्जिद पगरा और शहीद नगर मस्जिद में 6:30 बजे नमाज अदा की गई। मदीना मस्जिद अबूबकरनगर और रजा मस्जिद खरजरवा में 6:45 बजे तथा ईदगाह सकरापार में सुबह 7 बजे नमाज संपन्न हुई। पर्व के दौरान लोगों में उत्साह और भाईचारे का माहौल देखने को मिला। मुस्लिम समाज के लोगों ने बताया कि बकरीद त्याग, बलिदान और इंसानियत का संदेश देने वाला पर्व है।
बलरामपुर में गुरुवार को ईदुल अजहा का पर्व श्रद्धा, धार्मिक उत्साह और भाईचारे के साथ मनाया गया। जिलेभर की मस्जिदों और ईदगाहों में हजारों मुस्लिम अकीदतमंदों ने नमाज अदा की और मुल्क की खुशहाली, अमन तथा तरक्की की दुआ मांगी। नमाज से पहले उलेमाओं ने हजरत इब्राहीम अलैहिस्सलाम की कुर्बानी और रसूल अल्लाह सल्लल्लाहु अलैहि वसल्लम की सुन्नतों पर तकरीर की। उन्होंने इंसानियत, भाईचारे और जरूरतमंदों की मदद का संदेश दिया। नमाज के बाद मौलानाओं ने खुत्बा पढ़ा और समाज में प्रेम, सौहार्द तथा आपसी एकता बनाए रखने की अपील की। खुत्बा समाप्त होने के बाद अकीदतमंदों ने अपने घरों में सुन्नते इब्राहीमी के तहत कुर्बानी अदा की। इस्लामी परंपरा के अनुसार, कुर्बानी के गोश्त को तीन हिस्सों में बांटा गया। इसमें एक हिस्सा अपने परिवार के लिए रखा गया, जबकि दो हिस्से गरीबों, जरूरतमंदों और रिश्तेदारों में वितरित किए गए। ईदुल अजहा के अवसर पर बाजारों और मोहल्लों में भी रौनक दिखाई दी। बच्चों और युवाओं में पर्व को लेकर विशेष उत्साह था। पर्व को शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के लिए पुलिस प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद रहा। संवेदनशील क्षेत्रों में अतिरिक्त सुरक्षा बल तैनात किए गए थे और अधिकारियों ने लगातार भ्रमण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया। पर्व के इस मौके पर लोगों ने एक-दूसरे को गले लगाकर ईद की मुबारकबाद दी और देश में अमन-चैन की दुआ मांगी।
सीधी जिले की रामपुर नैकिन तहसील के ग्राम भैंसरहा में सरकारी हैंडपंप से अतिक्रमण को गुरुवार सुबह 8 बजे हटा दिया गया है। चुरहट के एसडीएम विकास कुमार आनंद की सक्रियता से कार्रवाई के बाद ग्रामीणों को सार्वजनिक हैंडपंप का लाभ दोबारा मिलने लगा है। जानकारी के अनुसार, ग्राम भैंसरहा में स्थित सरकारी हैंडपंप पर राजेंद्र मणि द्विवेदी ने निजी उपयोग के लिए मोटर लगा दी थी। आरोप था कि मोटर लगने के कारण आम ग्रामीणों को पानी भरने में कठिनाई हो रही थी, जिससे सार्वजनिक संसाधन पर निजी कब्जा हो गया था। इस हैंडपंप से पहले लगभग 15 घरों में पानी का उपयोग किया जा रहा था, लेकिन अतिक्रमण के कारण यह सुविधा बाधित हो गई थी। दो दिन पहले ग्रामीणों ने शिकायत दर्ज कराई थी ग्रामीणों ने सोमवार को इस मामले की शिकायत एसडीएम चुरहट विकास कुमार आनंद से की थी। शिकायत मिलते ही एसडीएम ने मामले को गंभीरता से लिया और बिना देरी किए मौके पर पहुंचे। उन्होंने स्थिति का निरीक्षण किया और संबंधित अधिकारियों की मौजूदगी में हैंडपंप पर लगी मोटर और अतिक्रमण को हटवाया। अतिक्रमण हटाने के बाद सरकारी हैंडपंप को दोबारा आम लोगों के उपयोग के लिए खोल दिया गया है। ग्रामीणों का कहना है कि लंबे समय से सार्वजनिक हैंडपंप का उपयोग सीमित हो गया था, जिससे विशेषकर महिलाओं और बुजुर्गों को पानी भरने में काफी परेशानी हो रही थी। प्रशासन की इस त्वरित कार्रवाई से अब गांव के सभी लोग बिना किसी रोक-टोक के हैंडपंप से पानी भर सकेंगे। प्रशासन की त्वरित कार्रवाई से ग्रामीणों में खुशी एसडीएम की इस सकारात्मक पहल की ग्रामीणों ने सराहना की है। लोगों का मानना है कि यदि प्रशासन इसी तरह जनसमस्याओं पर तत्परता से कार्रवाई करता रहे, तो आम जनता का विश्वास और मजबूत होगा। इस कार्रवाई को प्रशासन की संवेदनशील कार्यशैली और सार्वजनिक संसाधनों को सुरक्षित रखने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
औरैया में हाईवे पर गश्त पर निकली पुलिस जीप को तेज रफ्तार ट्रक ने टक्कर मार दी। इस हादसे में दरोगा दिनेश भदौरिया की मौके पर ही मौत हो गई। जबकि हेड कांस्टेबल सुरेश और मनोज गंभीर रूप से घायल हो गए। टक्कर इतनी जोरदार थी कि पुलिस जीप अनियंत्रित होकर सड़क किनारे पलट गई और पूरी तरह पिचक गई। लोगों और पुलिस की मदद से तीनों पुलिसकर्मियों को जिला अस्पताल ले जाया गया। यहां डॉक्टरों ने उप निरीक्षक दिनेश भदौरिया, निवासी फतेहपुर, आगरा को मृत घोषित कर दिया। वहीं हेड कांस्टेबल सुरेश, निवासी हमीरपुर और सिपाही मनोज, निवासी झांसी भर्ती हैं। हादसा बुधवार रात मिहौली फ्लाईओवर बाईपास पर हुआ। यहां पढ़ें पूरी खबर गाजियाबाद में युवक की गोली मारकर हत्या, घर से इंटरव्यू देने निकला था गाजियाबाद में युवक की गोली मारकर हत्या कर दी गई। उसके बाद हमलावर शव को ट्यूबवेल के पास छोड़कर भाग गए। राहगीरों ने शव को देखकर पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर लोगों से घटना की जानकारी ली। उसके बाद छानबीन में जुट गई। मौके से पुलिस को बियर की चार केन और एक बैग मिला है। मृतक की पहचान बागपत जिले के सिंघावली थाना क्षेत्र के रहने वाले नितिन के रूप में हुई है। उसके शरीर पर गोली और चोट के निशान मिले हैं। वह घर से इंटरव्यू देने निकला था। यहां पढ़ें पूरी खबर अकासा एयर की फ्लाइट की लखनऊ में इमरजेंसी लैंडिंग:बेंगलुरु से भुवनेश्वर जा रही थी बेंगलुरु से भुवनेश्वर जा रही फ्लाइट की लखनऊ में इमरजेंसी लैंडिंग करानी पड़ी। अकासा एयर की फ्लाइट के भुवनेश्वर पहुंचने से पहले वहां का मौसम खराब हो गया। पायलट ने लखनऊ एटीसी से कॉल पर बताया - फ्लाइट की लैंडिंग भुवनेश्वर में नहीं हो सकती। इसमें ईंधन भी कम हो गया है। इमरजेंसी में फ्लाइट को जल्दी लैंड कराना जरूरी है। फ्लाइट में 194 लोग थे। सूचना पर अमौसी एयरपोर्ट प्रशासन ने तुरंत फुल इमरजेंसी लागू कर दी। फुल इमरजेंसी घोषित होने के बाद रनवे पर मौजूद अन्य फ्लाइट मूवमेंट को रोका गया और पूरे रनवे को खाली कराया गया। एयरपोर्ट पर क्रैश फायर टेंडर्स (CFTs), मेडिकल यूनिट और इमरजेंसी रिस्पॉन्स टीमें तैनात कर दी गईं। कंट्रोल रूम से लगातार विमान की निगरानी की जा रही थी। जानकारी के मुताबिक, अकासा एयर की फ्लाइट QP-1503 बुधवार रात बेंगलुरु से भुवनेश्वर जा रही थी। विमान बोइंग 737 मैक्स (VT-YAJ) था। रात 9:21 बजे फ्लाइट ने रनवे-09 पर सुरक्षित लैंडिंग की। लैंडिंग के तुरंत बाद पायलट इन कमांड ने ATC को बताया कि विमान की सभी प्रणालियां सामान्य हैं और किसी अतिरिक्त सहायता की जरूरत नहीं है। फ्लाइट में कुल 194 यात्री और क्रू मेंबर सवार थे। फ्लाइट रात 9:29 बजे बे-10 पर खड़ी कर दी गई। उसके बाद 9:30 बजे ATC ने फुल इमरजेंसी वापस ले ली। एयरपोर्ट प्रशासन के अनुसार, पूरी प्रक्रिया के दौरान सुरक्षा प्रोटोकॉल का सख्ती से पालन किया गया। यहां पढ़ें पूरी खबर भाजपा की दिल्ली में बड़ी बैठक, पंकज चौधरी की नई टीम के नाम तय; गृहमंत्री अमित शाह करेंगे फैसला भाजपा की प्रदेश टीम के गठन को लेकर बुधवार को फिर नई दिल्ली में बैठक हुई। पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव विनोद तावड़े की मौजूदगी में करीब 2 घंटे तक चली बैठक में प्रदेश पदाधिकारी, 6 क्षेत्रों में क्षेत्रीय अध्यक्ष और अग्रिम मोर्चों के अध्यक्ष की नियुक्ति के साथ राजनीतिक नियुक्तियों पर भी चर्चा हुई। सूत्रों के मुताबिक, लिस्ट को अंतिम रूप दे दिया गया है। आज की बैठक के निष्कर्ष की जानकारी गृहमंत्री अमित शाह और राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन को दी जाएगी। उनकी हरी झंडी मिलने के बाद ही सूची जारी होगी। बैठक में प्रदेश अध्यक्ष पंकज चौधरी और संगठन महामंत्री धर्मपाल सिंह भी शामिल थे। क्षेत्रीय अध्यक्ष में गोरखपुर क्षेत्र में रमेश सिंह और अवध क्षेत्र में एमएलसी मुकेश शर्मा का नाम भी तेजी से चर्चा में है। बहराइच में नहाते समय घाघरा नदी में 5 दोस्त डूबे; 2 को बचाया, 3 की गोताखोर कर रहे तलाश बहराइच के महसी इलाके में घाघरा नदी में बुधवार को नहाने गए 5 दोस्त डूब गए। ग्रामीणों ने 2 युवकों को बचा लिया, जबकि 3 गहरे पानी में समा गए। पुलिस लापता युवकों की तलाश कर रही है। घटना बुधवार दोपहर करीब 2 बजे मुंसारी के कोढवा गांव के पास हुई। टिकोरा मोड़ निवासी गोलू जायसवाल (22), सूरज जायसवाल (19) और दहाव निवासी मोहित यादव (25) अपने दोस्तों राजकुमार (24) और शिवम सिंह (22) के साथ नदी में नहाने गए थे। नहाते समय अचानक सभी युवक गहरे पानी में चले गए और डूबने लगे। मौके पर मौजूद ग्रामीणों ने राजकुमार और शिवम सिंह को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया। तीन की तलाश जारी है। पढ़ें पूरी खबर
देवनारायण बोर्ड के अध्यक्ष ओमप्रकाश भड़ाना ने करौली का दौरा किया। इस दौरान उन्होंने 'वंदे गंगा जल संरक्षण जन अभियान' के तहत ठेकरा स्थित गौशाला में पौधारोपण और गौ-पूजन कार्यक्रम में भाग लिया। इस अवसर पर जनप्रतिनिधियों, प्रशासनिक अधिकारियों और भाजपा कार्यकर्ताओं की मौजूदगी में जल संरक्षण और पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया गया। कार्यक्रम के दौरान ओमप्रकाश भड़ाना ने गौशाला परिसर में पौधारोपण किया और गौ-पूजन कर गौसेवा के महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि जल, जंगल और जमीन के संरक्षण के लिए जनभागीदारी आवश्यक है। उन्होंने 'वंदे गंगा जल संरक्षण अभियान' को इस दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल बताया। ज्यादा से ज्यादा पौधे लगाने का आह्वानकार्यक्रम स्थल पर भाजपा पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने देवनारायण बोर्ड अध्यक्ष का माला और साफा पहनाकर स्वागत किया। इस अवसर पर करौली विधायक दर्शन सिंह गुर्जर, जिला कलेक्टर अक्षय गोदारा, जिला परिषद के मुख्य कार्यकारी अधिकारी लखन सिंह, उप वन संरक्षक (डीएफओ) सुमित बंसल और भाजपा जिलाध्यक्ष गोवर्धन सिंह जादौन सहित कई लोग मौजूद रहे। इस कार्यक्रम में जल संरक्षण, वृक्षारोपण और गौसंवर्धन के माध्यम से पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया गया। लोगों से अधिक से अधिक पौधे लगाने और उनकी देखभाल करने का आह्वान भी किया गया।
सेक्टर-24 थाना क्षेत्र के मोरना गांव में गुरुवार को कबाड़ की दो दुकानों में अचानक आग लगने से अफरा-तफरी मच गई। आग की लपटें तेज थी। आसपास के लोगों में हड़कंप मच गया। घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस और फायर ब्रिगेड की चार गाड़ियों को मौके पर भेजा गया। करीब एक घंटे की मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया जा सका। आग की वजह किसी ज्वलनशील पदार्थ है। राहत की बात यह रही कि घटना में किसी प्रकार की जनहानि नहीं हुई। सीएफओ प्रदीप चौबे ने बताया कि मोरना गांव स्थित टीन शेड में चल रही दो कबाड़ की दुकानों में आग लगी थी। शुरुआती जांच में आग लगने की वजह किसी ज्वलनशील पदार्थ को माना जा रहा है। हालांकि आग लगने के सही कारणों की जांच की जा रही है। कबाड़ होने की वजह से काला धुंआ उठने लगा। ये धुआं काफी दूर से देखा जा सकता था। मौके पर मौजूद लोगों ने इसकी जानकारी स्थानीय पुलिस और दमकल विभाग को दी। एक-एक करके चार दमकल की गाड़ियों को मौके पर भेजा गया। घटना के दौरान आसपास के लोगों की भीड़ मौके पर जमा हो गई। पुलिस ने लोगों को सुरक्षित दूरी पर रखा ताकि राहत और बचाव कार्य में कोई बाधा न आए। आग लगने से दुकानों में रखा काफी सामान जलकर राख हो गया। फायर विभाग व पुलिस अधिकारियों का कहना है कि स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में है। साथ ही इलाके में सुरक्षा के मद्देनजर निगरानी रखी जा रही है।
आजमगढ़ में बकरीद के त्यौहार को सकुशल और शांतिपूर्वक ढंग से संपन्न कराने को लेकर जिले के डीएम रविंद्र कुमार और एसएसपी डॉक्टर अनिल कुमार सड़क पर उतरे हैं। जिले के नगर सहित ग्रामीण इलाकों की मस्जिदों में आज गुरुवार को अकीदत के साथ ईद उल-अजहा की नमाज अदा की गई। जिले के मुबारकपुर में लोहरा गांव को अतिसंवेदनशील के चलते अतिरिक्त पुलिस फोर्स तैनात की गई। जहाँ गांव में कुर्बानी नहीं दी गयी। कोर्ट के निर्देश पर करीब साढ़े तीन दशक से कुर्बानी देने पर रोक लगी है। जिले में कुल 704 स्थानों में 328 ईदगाह व 376 मस्जिदों पर बकरीद की नमाज अदा की गयी। लोग गले मिलकर बकरीद की बधाई दी। वहीं मस्जिद के इमामों ने अमन और शांति के लिए दुआएं मांगी। शांतिपूर्वक ढंग से मन रहा है त्यौहारआजमगढ़ जिले में प्रशासन द्वारा शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न कराने के लिए ईदगाहों तथा मस्जिदों पर सुबह से ही सुरक्षा की दृष्टि से भारी तादाद में पुलिस फोर्स व दो पीएससी की तैनाती की गई। संवेदनशील स्थलों की ड्रोन से निगरानी की जा रही। जनपद के नगर कोतवाली क्षेत्र में बदरका ईदगाह के मैदान व नगर के अन्य मस्जिदों में नमाजी नमाज अदा की। वहीं जिले में ग्रामीण क्षेत्रों के मुबारकपुर, निजामाबाद, सरायमीर, बरदह, फूलपुर, लालगंज, बिलरियागंज, महराजगंज, अतरौलिया सहित अन्य स्थानों पर भी अकीदत के साथ लोगों ने बकरीद की नमाज अदा की है। बकरीद की नमाज अदा करने के बाद लोग एक दूसरे के घरों में सेवई और मिठाई खाने पहुंचे। जिले के डीएम तथा एसएसपी नमाज के दौरान भ्रमण कर हालत का जायजा लेते रहे। प्रशासन ने बताया ईदउलजूहा की नमाज़ शांतिपूर्ण ढंग से सम्पन्न कराई जा रही है। सुरक्षा की दृष्टि से दो कंपनी पीएसी, 44 इंस्पेक्टर, 376 सब इंस्पेक्टर, 2400 कांस्टेबल और हेड कांस्टेबल समेत पर्याप्त पुलिस बल तैनात किया गया है। पुलिस व प्रशासन ने जिले को 2 सुपर जोन, 6 जोन और 25 सेक्टर में बांटा गया। लोगों से शांति के साथ कुर्बानी की अपील की गई, जहां सामूहिक कुर्बानी को लेकर 22 स्थान को चिन्हित तो वहीं 513 अन्य जगहों को चिन्हित किया गया। मस्जिदों तथा ईदगाह पर सुरक्षा की दृष्टि से पर्याप्त पुलिस बल लगाया गया वहीं पुलिस की पैनी नजर है। प्रशासन द्वारा सुरक्षा के साथ यातायात को लेकर कड़े इंतजाम किये गये।
गोरखपुर में भीषण सड़क हादसे में जलकर 2 की मौत:टक्कर इतना जोरदार की धू-धू कर जला ट्रक और डंपर
गोरखपुर में बृहस्पतिवार को एक दर्दनाक सड़क हादसा हो गया। हादसा रामगढ़ताल थाना क्षेत्र के अजवनिया इलाके में कुशीनगर-लखनऊ फोरलेन पर हुआ। तेज रफ्तार ट्रकों की भीषण टक्कर के बाद एक ट्रक में आग लग गई, जिससे वह पूरी तरह जलकर खाक हो गया। हादसे में ट्रक चालक और खलासी की मौके पर ही मौत हो गई। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, टक्कर इतनी जोरदार थी कि आसपास के लोग दहशत में आ गए। हादसे के तुरंत बाद फोरलेन पर वाहनों की लंबी कतार लग गई और यातायात पूरी तरह बाधित हो गया। सड़क पर कई किलोमीटर तक जाम की स्थिति बन गई। सूचना मिलने पर पुलिस और फायर ब्रिगेड की टीम मौके पर पहुंची। फायर ब्रिगेड ने काफी मशक्कत के बाद ट्रक में लगी आग पर काबू पाया, लेकिन तब तक ट्रक पूरी तरह जल चुका था। पुलिस ने दोनों शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। मृतकों की पहचान कराने का प्रयास किया जा रहा है। पुलिस के अनुसार, शुरुआती जांच में हादसे की वजह तेज रफ्तार और लापरवाही मानी जा रही है। वहीं, पुलिस ने क्रेन की मदद से जले हुए ट्रक को सड़क से हटवाया, जिसके बाद धीरे-धीरे यातायात सामान्य हो सका।
उज्जैन में गुरुवार को मुस्लिम समाज भाईचारे के साथ ईद-उल-अजहा (बकरीद) मना रहा है। मुख्य नमाज सुबह 7:30 बजे इंदिरानगर स्थित ईदगाह पर अदा की गई। नमाज शहरकाजी खालिकुर्रहमान ने अदा कराई, जिसके बाद देश में अमन-चैन, भाईचारा और शांति के लिए खास दुआ मांगी गई। नमाज के दौरान ईदगाह और आसपास के क्षेत्रों में पुलिस और प्रशासन की कड़ी सुरक्षा व्यवस्था रही। संवेदनशील इलाकों, प्रमुख चौराहों और बाजारों में भारी पुलिस बल तैनात किया गया था। ड्रोन कैमरों की मदद से भी पूरे क्षेत्र पर निगरानी रखी गई। सुरक्षा व्यवस्था के तहत एक दिन पहले फ्लैग मार्च भी निकाला गया था। गले लगाकर दी मुबारकबाद ईद के मौके पर हजारों की संख्या में लोग अलग-अलग मस्जिदों और ईदगाहों में नमाज अदा करने पहुंचे। नमाज के बाद लोगों ने एक-दूसरे को गले लगाकर ईद की मुबारकबाद दी और देश में अमन, शांति और भाईचारे की दुआ की। शहर की जामा मस्जिद, शाही मस्जिद, फतेह मस्जिद, मस्जिद सारवान, लाल मस्जिद, कोट मोहल्ला मस्जिद, मिर्जावाड़ी मस्जिद, नूरे इस्माइल मस्जिद (आगर रोड), बड़ी मस्जिद जांसापुरा और आदर्श नगर सहित अन्य मस्जिदों में भी नमाज अदा की गई, जहां बड़ी संख्या में लोग मौजूद रहे। शहरकाजी खालिकुर्रहमान ने सभी से अपील की कि कुर्बानी के अवशेषों का निस्तारण सही स्थान पर करें और किसी भी तरह से सार्वजनिक स्थानों पर गंदगी न फैलाएं, जिससे किसी को परेशानी न हो।
छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले में स्थित भिलाई स्टील प्लांट (BSP) से बड़े पैमाने पर लोहे की चोरी हुई है। पुलिस ने हथखोज और अकलोरडीह इलाके में कार्रवाई करते हुए एक गोदाम से करीब 250 टन संदिग्ध लोहा जब्त किया है। शुरुआती जांच में जब्त लोहे की कीमत 1 करोड़ रुपए से ज्यादा आंकी गई है। बता दें कि प्लांट की सुरक्षा में CISF के जवान तैनात हैं। इसके अलावा पूरे प्लांट परिसर में सैकड़ों CCTV कैमरे लगे हुए हैं। इसके बावजूद भारी मात्रा में लोहा फ्लाई ऐश की आड़ में प्लांट से बाहर निकाला जा रहा था। पुलिस ने दबिश देकर मौके पर मौजूद लोगों से लोहे से संबंधित दस्तावेज मांगे, लेकिन कोई भी वैध कागजात पेश नहीं किए जा सके। इसके बाद पुलिस ने जब्ती की कार्रवाई करते हुए बड़ी मात्रा में संदिग्ध लोहा जब्त किया। साथ ही मौके से 10 से अधिक वाहन भी जब्त किए गए हैं। पुलिस को आशंका है कि फ्लाई ऐश परिवहन की आड़ में प्लांट से लोहा बाहर निकाला जा रहा था। वहीं, BSP प्रबंधन ने मामले की जांच के लिए अलग से एक टीम गठित की है, जो पूरे नेटवर्क और इसमें शामिल लोगों की भूमिका की जांच करेगी। देखिए पहले ये तस्वीरें- जानिए पूरा मामला दरअसल, पुलिस को पिछले कुछ समय से लगातार शिकायतें मिल रही थीं कि भिलाई स्टील प्लांट से लोहे की प्लेटें और स्क्रैप चोरी कर बाहर सप्लाई किया जा रहा है। ऐसे में रोजाना कई ट्रक और हाईवा प्लांट से बाहर निकलते थे। पुलिस टीम ने संदिग्ध वाहनों पर नजर रखी और उनका पीछा करते हुए हथखोज स्थित एक गोदाम तक पहुंची। जैसे ही ट्रक गोदाम के अंदर पहुंचे, पुलिस ने चारों ओर से घेराबंदी कर दी। छावनी CSP प्रशांत कुमार पैकरा और भिलाई-3 थाना पुलिस की टीम ने मौके पर मौजूद लोगों से दस्तावेज मांगे, लेकिन जब्त लोहे से संबंधित कोई वैध कागजात पेश नहीं किए जा सके। इसके बाद पुलिस ने पूरे यार्ड और गोदाम की जांच की। गोदाम में मिला 250 टन से ज्यादा लोहा जांच में गोदाम से करीब 250 टन संदिग्ध लोहा बरामद किया गया। पुलिस को आशंका है कि यह लोहा BSP की SMS-3 यूनिट से चोरी कर यहां जमा किया गया था। ट्रकों के ऊपर फ्लाई ऐश डाली जाती थी, जबकि नीचे भारी मात्रा में लोहा छिपाकर रखा जाता था। पुलिस ने जब दो हाईवा वाहनों की जांच की तो ऊपर फ्लाई ऐश दिखाई दी, लेकिन अंदर टनों के हिसाब से लोहा भरा मिला। ट्रांसपोर्टर का नाम आया सामने इस मामले में ट्रांसपोर्टर संजय सिंह का नाम सामने आ रहा है। हालांकि पुलिस का कहना है कि मामले की गहन जांच की जा रही है और जांच पूरी होने के बाद ही वास्तविक आरोपियों तक पहुंचा जा सकेगा। वहीं, जिस कबाड़ी गोदाम में BSP का संदिग्ध लोहा मिला है, उसका संचालन मोहम्मद कलीम करता है। पुलिस दोनों से पूछताछ की तैयारी कर रही है। BSP ने बनाई जांच समिति घटना के बाद भिलाई स्टील प्लांट प्रबंधन में भी हड़कंप मच गया है। सूचना मिलते ही BSP की टीम और FSL के अधिकारी मौके पर पहुंचे और जांच शुरू की। अब प्रबंधन ने अलग से एक जांच समिति गठित की है, जो पूरे नेटवर्क और इसमें शामिल लोगों की भूमिका की जांच करेगी। पुलिस ने मौके से मिले सैकड़ों टन लोहे को बीएनएसएस की धारा 106 के तहत जब्त कर लिया है। साथ ही पूरे गोदाम को सील कर दिया गया है। फिलहाल मामले की जांच जारी है। पुलिस ड्राइवरों से पूछताछ कर रही है और BSP प्रबंधन को भी पत्र भेजा गया है। पूछताछ और जांच के बाद ही आरोपियों के नाम होंगे तय भिलाई नगर सीएसपी सत्य प्रकाश तिवारी ने बताया कि पुलिस को सूचना मिली थी कि अकलोरडीह स्थित एके ट्रेडर्स नामक यार्ड में भिलाई स्टील प्लांट (BSP) से चोरी किया गया लोहा लाकर डंप किया जा रहा है। सूचना मिलते ही पुलिस टीम ने मौके पर दबिश देकर रेड कार्रवाई की। मौके पर खड़े दो हाईवा वाहनों की जांच में भारी मात्रा में लोहा मिला। ड्राइवरों के पास केवल फ्लाई ऐश परिवहन से संबंधित दस्तावेज मिले। पूछताछ में यह बात सामने आई कि यार्ड में रखा लोहा BSP प्लांट से चोरी कर लाया गया था। CISF के जिम्मे प्लांट की सुरक्षा भिलाई स्टील प्लांट देश की सबसे बड़ी SAIL इकाइयों में से एक है। प्लांट की सुरक्षा केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल (CISF) के जिम्मे है। जानकारी के अनुसार करीब 700 जवान पूरे परिसर में सुरक्षा ड्यूटी पर तैनात हैं। बताया जा रहा है कि चोरी किया गया लोहा काफी भारी था, जिसे क्रेन और अन्य मशीनों की मदद से ट्रकों में लोड किया जाता था। ऐसे में बिना अंदरूनी मिलीभगत के इतने बड़े स्तर पर चोरी संभव नहीं मानी जा रही है। फिलहाल पुलिस और BSP प्रबंधन पूरे मामले की जांच में जुटे हुए हैं। ………………….. इससे जुड़ी यह खबर भी पढ़िए… ीएसपी में कार से जाकर कॉपर तार की चोरी: QRT ने 3KM पीछा कर एक आरोपी को दबोचा; 2 साथी धूल का फायदा उठाकर भागे भिलाई स्टील प्लांट (बीएसपी) के प्रतिबंधित इलाके में कॉपर केबल चोरी का बड़ा मामला सामने आया है। शनिवार सुबह बीएसपी की क्विक रिस्पांस टीम (QRT) ने एक संदिग्ध स्विफ्ट कार का पीछा कर उसमें सवार एक आरोपी को पकड़ लिया। मामला भिलाई भट्ठी थाना क्षेत्र का है। पढ़ें पूरी खबर…
ईद-उल-अजहा को लेकर गौतमबुद्धनगर पुलिस कमिश्नरेट पूरी तरह अलर्ट मोड में है। त्योहार के दौरान जिले में शांति, सुरक्षा और सौहार्दपूर्ण माहौल बनाए रखने के लिए पुलिस ने व्यापक सुरक्षा व्यवस्था लागू की है। नोएडा के संवेदनशील इलाकों, मस्जिदों, बाजारों और भीड़भाड़ वाले क्षेत्रों में भारी पुलिस बल के साथ फ्लैग मार्च और फुट पेट्रोलिंग की जा रही है। धारा-163 लागू की गई है। पुलिस कमिश्नर लक्ष्मी सिंह के निर्देश पर अपर पुलिस आयुक्त कानून एवं व्यवस्था डॉ. राजीव नारायण मिश्र के नेतृत्व में यह अभियान चलाया जा रहा है। उनके साथ एडीसीपी नोएडा मनीषा सिंह भी मौजूद है। इस दौरान बीडीडीएस (बम निरोधक दस्ता), डॉग स्क्वॉड, एसीपी, थाना प्रभारी और स्थानीय पुलिस बल ने अलग-अलग क्षेत्रों में सुरक्षा व्यवस्था का जायजा ले रहे है। पुलिस अधिकारियों ने निठारी मस्जिद, जामा मस्जिद समेत कई प्रमुख धार्मिक स्थलों और बाजारों का निरीक्षण किया। अधिकारियों ने त्योहार के दौरान यातायात व्यवस्था को सुचारु बनाए रखने और किसी भी तरह की अव्यवस्था रोकने के लिए जरूरी दिशा-निर्देश दिए। भीड़भाड़ वाले इलाकों में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात करने के साथ संवेदनशील स्थानों पर निगरानी बढ़ा दी गई है। धर्मगुरुओं और व्यापारियों से की अपीलफ्लैग मार्च के दौरान पुलिस अधिकारियों ने स्थानीय नागरिकों, धर्मगुरुओं और व्यापारियों के साथ बैठक कर त्योहार को भाईचारे और शांति के साथ मनाने की अपील की। अधिकारियों ने कहा कि सभी लोग प्रशासन का सहयोग करें और किसी भी प्रकार की अफवाह या भड़काऊ संदेशों से बचें। सोशल मीडिया पर निगरानीपुलिस ने सोशल मीडिया पर विशेष निगरानी बढ़ा दी है। अधिकारियों ने साफ कहा कि सोशल मीडिया पर भ्रामक, आपत्तिजनक या सांप्रदायिक माहौल बिगाड़ने वाली सामग्री साझा करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। साइबर टीम लगातार ऑनलाइन गतिविधियों पर नजर रख रही है। संदिग्ध गतिविधि दिखे तो तुरंत दें सूचनाअपर पुलिस आयुक्त डॉ. राजीव नारायण मिश्र ने कहा कि त्योहार को शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न कराना पुलिस की प्राथमिकता है। इसके लिए जिले के सभी थाना क्षेत्रों में लगातार गश्त, चेकिंग और फुट पेट्रोलिंग की जा रही है। उन्होंने लोगों से अपील की कि किसी भी संदिग्ध व्यक्ति या गतिविधि की सूचना तुरंत पुलिस को दे।
जिले के भूना क्षेत्र में फतेहाबाद ब्रांच नहर से गोरखपुर माइनर में आया पानी लीकेज होने का मामला सामने आया है। सुबह 5 बजे से पानी लगातार चलता हुआ आसपास के खेतों में भर गया। इससे किसानों की कई एकड़ में फसल खराब हो गई। किसानों ने इसकी सूचना सिंचाई विभाग के अधिकारियों को दी। किसानों का आरोप है कि तीन घंटे तक भी अधिकारियों की ओर से कोई जेसीबी नहीं भेजी गई। बार-बार फोन पर आश्वासन देते रहे। इस कारण लगातार पानी खेतों में भरता रहा। किसान गर्व सिंह, जीत सिंह, चांदीराम, साहिल कुमार, रामफल, कश्मीर सिंह आदि ने बताया कि पिछले तीन दिन से फतेहाबाद ब्रांच से रजवाहे के अंदर पानी आ रहा था। धीरे-धीरे पानी यहां से लीक होकर निकल रहा था। किसानों ने आरोप लगाया कि सिंचाई विभाग के अधिकारियों को इस बारे में तीन दिन पहले ही बताया गया, लेकिन किसी अधिकारी के कान पर जूं तक नहीं रेंगी। इसके बाद पानी का बहाव गुरुवार सुबह तेज हो गया। इसके बाद पानी तेजी से खेतों में भरने लगा। आसपास की ढाणियों में रहने वाले लोगों को भी खतरे का आभास होने लगा। इसके बाद किसानों ने अपने स्तर पर ही पानी रोकने के प्रयास किए और साथ ही अधिकारियों से भी लगातार अपडेट लेते रहे। मूंग, सब्जियों की फसल खराब हुई किसानों ने बताया कि पानी भरने से मूंग और सब्जियों की फसल को काफी नुकसान हो गया है। तीन-चार बोर भी लगे हुए हैं, वो भी पानी में डूब गए। 50 एकड़ की पनीरी में भी पानी भर गया। किसानों ने आरोप लगाया कि अधिकारी समय पर पानी लीकेज रोकने के प्रबंध नहीं करते। बाद में किसानों पर ही पानी तोड़ने के आरोप लगा देते हैं। एक तरफ पीने को पानी नहीं, यहां बेकार बह गया किसानों ने कहा कि एक तरफ भीषण गर्मी में लोगों को पीने के लिए भी पर्याप्त पानी नहीं मिल रहा है। दूसरी तरफ यहां हजारों लीटर पानी बेकार बह गया है। किसानों ने इस मामले में लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों पर कार्रवाई की मांग की है।
कोटा झालावाड़ NH 52 पर हादसा हुआ है तेज रफ्तार निजी बस अनबैलेंस होकर पलट गई। सड़क किनारे खेत में जाकर गिर गई। हादसे के बाद मौके पर चीख पुकार मच गई। सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची। बस में सवार यात्रियों को बाहर निकाल और इलाज के लिए एंबुलेंस की मदद से अस्पताल पहुंचाया। घटना सुबह 7:30 बजे के आसपास सहरावद बस स्टैंड के पास की है। बस नागपुर से दिल्ली जा रही थी। बस में 21 यात्री सवार बताएं। हादसे में बस क्षतिग्रस्त हो गई। हाइवे पर जाम जैसी स्थिति बन गई। मोड़क थाना ASI राकेश शर्मा ने बताया निजी बस झालावाड़ से कोटा की तरफ आ रही थी। सुबह साढ़े 7 बजे के आसपास कोटा झालावाड़ NH 52 पर ढाबादेह के आगे सहरावद बस स्टैंड के पास ओवर टेक करते समय बस अनबैलेंस होकर खेत में जाकर पलट गई। सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची। यात्रियों को 108 एंबुलेंस की मदद से इलाज के लिए अस्पताल पहुंचाया। हादसे में बस सवार चार पांच यात्रियों को मामूली चोटे लगी है। जबकि दो यात्री गंभीर घायल हुए हैं। जिन्हें झालावाड़ रेफर किया है। बस में 20 से ज्यादा यात्री सवार थे। बस नागपुर से दिल्ली जा रही थी। यात्रियों को दूसरी बस में बैठाकर रवाना किया जा रहा है।
गयाजी के शेरघाटी में बुधवार देर रात एक दर्दनाक सड़क हादसे में बीमार बच्चे की जान चली गई। उत्पाद विभाग की टीम से बचने के लिए तेज रफ्तार में भाग रही स्कॉर्पियो ने एंबुलेंस में सीधी टक्कर मार दी। हादसा इतना जोरदार था कि एंबुलेंस के परखच्चे उड़ गए। गाड़ी में सवार बीमार बच्चे की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि एक तीन लोग गंभीर रूप से घायल हो गया। देर रात तक मृत बच्चे की पहचान नहीं हो सकी थी। घायलों को इलाज के लिए अस्पताल भेजा गया है। फिलहाल वे कुछ भी बताने में स्थिति में नहीं है। हादसा खंडैल और दरियापुर गांव के बीच हुआ है। हादसे के विरोध में लोगों का हंगामा प्रत्यक्षदर्शियों और ग्रामीणों का कहना है उत्पाद विभाग की टीम एक संदिग्ध स्कॉर्पियो का पीछा कर रही थी। खुद को बचाने के प्रयास में स्कॉर्पियो चालक ने नियंत्रण खो दिया और सामने से आ रही एंबुलेंस में धक्का मार दिया। टक्कर की आवाज इतनी जबरदस्त थी आसपास के लोगों के रोंगटे खड़े हो गए। हादसे के बाद स्कॉर्पियो सवार लोग भागने की कोशिश करने लगे। लेकिन ग्रामीणों ने उन्हें कुछ दूरी पर घेर लिया। मासूम की मौत से गुस्साए लोगों ने सड़क पर जमकर हंगामा किया। क्षतिग्रस्त स्कॉर्पियो में तोड़फोड़ भी की गई। ग्रामीणों का गुस्सा उत्पाद विभाग की टीम पर भी फूट पड़ा। लोगों ने खंडैल गांव के पास टीम का पीछा करके रोक लिया और काफी देर तक विरोध प्रदर्शन किया। स्थिति तनावपूर्ण होते देख सूचना पर स्थानीय पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने 2 लोगों को हिरासत में लिया हंगामे के बीच उत्पाद विभाग की टीम ने स्कॉर्पियो में सवार दो लोगों को हिरासत में लिया है। पुलिस दोनों से पूछताछ कर रही है। मौके पर पहुंचे सब इंस्पेक्टर भारत यादव ने बताया कि ग्रामीण उत्पाद विभाग की टीम पर पीछा करने का आरोप लगा रहे हैं। पूरे मामले की जांच की जा रही है। शेरघाटी थानाध्यक्ष मोहन कुमार ने सड़क हादसे की पुष्टि की है। उन्होंने कहा कि दुर्घटना किन परिस्थितियों में हुई, इसकी जांच की जा रही है। पुलिस आसपास के लोगों से पूछताछ कर रही है और आगे की कार्रवाई में जुटी है।
सुपौल के विभिन्न ईदगाहों एवं मस्जिदों में गुरुवार सुबह बकरीद का पर्व धार्मिक उल्लास और सौहार्दपूर्ण वातावरण में मनाया गया। सुबह से ही मुस्लिम समुदाय के लोग नए कपड़े पहनकर ईदगाहों में पहुंचे, जहां तय समय पर ईद-उल-अजहा की नमाज अता की गई। नमाज के बाद लोगों ने एक-दूसरे को गले लगाकर बकरीद की मुबारकबाद दी और देश-दुनिया में अमन, भाईचारे और खुशहाली की दुआ मांगी। जिला मुख्यालय स्थित बड़ी ईदगाह में बड़ी संख्या में नमाजियों ने सामूहिक रूप से नमाज अदा की। मिन्नत रहमानी ने मांगी दुआ इस दौरान भाजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता शाहनवाज हुसैन भी बड़ी ईदगाह पहुंचे और नमाज अता कर देश एवं प्रदेश में शांति और सद्भाव बनाए रखने की दुआ मांगी। नमाज के बाद उन्होंने लोगों को बकरीद की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि यह त्योहार त्याग, कुर्बानी और इंसानियत का संदेश देता है। वहीं, कांग्रेस नेता मिन्नत रहमानी ने भी दुआ मांगी। बकरीद को लेकर जिला प्रशासन पूरी तरह अलर्ट नजर आया। जिला पदाधिकारी सावन कुमार एवं पुलिस अधीक्षक शरथ आरएस के संयुक्त नेतृत्व में जिलेभर में सुरक्षा व्यवस्था चाक-चौबंद रही। संवेदनशील क्षेत्रों में अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती की गई थी, जबकि विभिन्न ईदगाहों और प्रमुख चौक-चौराहों पर दंडाधिकारी एवं पुलिस पदाधिकारी निगरानी करते दिखे। अधिकारियों ने भ्रमण कर सुरक्षा का लिया जायजा शहर सहित ग्रामीण क्षेत्रों में भी प्रशासनिक अधिकारियों ने लगातार भ्रमण कर सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया। प्रशासन की ओर से लोगों से शांति एवं सौहार्द बनाए रखने की अपील की गई थी। पूरे जिले में बकरीद का पर्व शांतिपूर्ण वातावरण में संपन्न होने से प्रशासन ने राहत की सांस ली।
वाराणसी में पड़ रही भीषण गर्मी का असर लोगों की सेहत पर पड़ रहा है। यही कारण है कि अस्पतालों की ओपीडी में आने वाले मरीजों में ज्यादातर गर्मी से परेशान हैं। डायरिया, फीवर व उल्टी दस्त से पीड़ित मरीज फिजिशियन की ओपीडी में पहुंच रहे हैं। मरीजों को एडमिट भी किया जा रहा है। पंडित दीनदयाल उपाध्याय राजकीय अस्पताल व श्री शिवप्रसाद गुप्ता मंडलीय अस्पताल समेत सभी अस्पतालों में व सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों पर कोल्ड रूम बनाया गया है। पहुंचते ही ORS को घोल व अन्य दवाईयां उपलब्ध कराई जा रही है। अपर निदेशक स्वास्थ्य डॉ. एनडी शर्मा ने बताया कि वाराणसी मंडल के किसी भी जनपद में अभी तक हीट स्ट्रोक के एक भी मरीज नहीं पहुंचे हैं। फिर पूरी टीम को अलर्ट मोड में तैयार किया गया है। हीट स्ट्रोक के मरीजों को राहत देगा ‘बाथ टब’ पं. दीनदयाल उपाध्याय चिकित्सालय व SSPG अस्पताल में मरीजों के लिए बेहतर इंतजाम किए गए हैं। एसएसपीजी, अस्पताल कबीर चौरा में चार बेड का कोल्ड रूम बनकर तैयार हैं। एसएसपीजी के कोल्ड रूम में तो हीट स्ट्रोक के मरीजों के लिए बाथ टब स्थापित किया गया है। यदि कोई ऐसा मरीज आता है तो तत्काल बाथ टब में भरे पानी में उसे लिटाया जाएगा। ताकि उसे राहत मिले सके। अस्पताल के SIC डॉ. ब्रजेश कुमार बताते हैं, अभी तक बाथ टब में किसी मरीज को लिटाने की जरूरत नहीं हुई। दरअसल, यह व्यवस्था सरकार के निर्देशन में किया गया है।
विश्व प्रसिद्ध बौद्ध तीर्थ सांची में रखे भगवान गौतम बुद्ध के परम शिष्यों (अर्हन्त सारिपुत्र और अर्हन्त महामोग्गलान) के पवित्र अस्थि कलश 28 मई को मंगोलिया के लिए रवाना हुआ। यह दूसरा मौका है जब इन पवित्र अवशेषों को दर्शनार्थ विदेश भेजा जा रहा है इससे पहले इन्हें थाईलैंड भेजा गया था। इस यात्रा से भारत और मंगोलिया के धार्मिक व सांस्कृतिक संबंध मजबूत होने और सांची में विदेशी पर्यटकों की संख्या बढ़ने की उम्मीद है। बुधवार सुबह 7 बजे चैतन्यगिरि विहार मंदिर के मुख्य तहखाने से 13 सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल की मौजूदगी में अस्थि कलश बाहर निकाले गए। लगभग एक घंटे तक बौद्ध भिक्षुओं ने मंत्रोच्चार और विशेष पूजा-अर्चना की। गार्ड ऑफ ऑनर के बाद विशेष बॉक्स में किए सील सुबह 9 बजे सशस्त्र सुरक्षा बलों ने पवित्र अवशेषों को गार्ड ऑफ ऑनर दिया। इसके बाद अस्थि कलशों को बुलेटप्रूफ और शॉक-प्रूफ विशेष बॉक्स में सील कर कड़ी सुरक्षा के बीच सड़क मार्ग से भोपाल एयरपोर्ट के लिए रवाना किया गया। रायसेन एसडीएम मनीष शर्मा ने बताया कि ASI और केंद्र सरकार की तकनीकी टीम ने पहले ही अस्थि कलशों का वैज्ञानिक परीक्षण, सत्यापन और नाप-तौल की प्रक्रिया पूरी कर ली थी। पूरा मिशन ‘सोवरेन गारंटी’ प्रोटोकॉल के तहत संचालित किया जा रहा है। भोपाल से दिल्ली, फिर मंगोलिया भेजे जाएंगे अवशेष भोपाल एयरपोर्ट पर विदाई समारोह आयोजित होगा। यहां से विशेष विमान के जरिए अवशेषों को दिल्ली स्थित राष्ट्रीय संग्रहालय भेजा जाएगा। तकनीकी प्रक्रिया पूरी होने के बाद इन्हें मंगोलिया रवाना किया जाएगा। मंगोलिया की राजधानी उलानबटार स्थित गंडन तेगचेनलिंग मठ में इन पवित्र अस्थि कलशों को श्रद्धालुओं के दर्शनार्थ रखा जाएगा। 1809 में स्थापित यह मठ मंगोलिया का प्रमुख बौद्ध केंद्र माना जाता है। तिब्बती शैली में बने इस मठ में 26 मीटर ऊंची स्वर्णमंडित अवलोकितेश्वर प्रतिमा स्थापित है। ऐसा होता है पवित्र अवशेषों का सुरक्षा प्रोटोकॉल पवित्र अस्थि कलशों को राजकीय अतिथि का दर्जा दिया जाता है। यात्रा के दौरान इन्हें 24 घंटे सशस्त्र सुरक्षा घेरे में रखा जाता है। रूट पूरी तरह गोपनीय रहता है और एडवांस पायलट वाहन साथ चलता है। अवशेषों को स्मार्ट क्लाइमेट कंट्रोल, बुलेटप्रूफ और शॉक-प्रूफ केस में सुरक्षित रखा जाता है। ASI की टीम माइक्रोग्राम स्तर तक वैज्ञानिक जांच कर डिजिटल लॉग तैयार करती है। एसडीएम मनीष शर्मा के अनुसार मंगोलिया में करीब 10 दिनों तक श्रद्धालु इन पवित्र अवशेषों के दर्शन करेंगे। इसके बाद तय सुरक्षा मानकों और प्रोटोकॉल के तहत अस्थि कलशों को वापस सांची लाया जाएगा। देखिए गुरुवार सुबह की तस्वीरें…
ईद-उल-अजहा (बकरीद) का त्योहार पूरे धार्मिक उत्साह, अकीदत और आपसी भाईचारे के साथ मनाया गया। सुबह से ही शहर में एक अलग ही रौनक और खुशियों का माहौल देखने को मिला। नए-नए कपड़ों में सजे बच्चे, युवा और बुजुर्ग सुबह-सुबह ही नमाज अदा करने के लिए ईदगाहों और मस्जिदों की तरफ रवाना होने लगे। हर तरफ एक-दूसरे को गले लगाकर ईद की मुबारकबाद देने का सिलसिला चलता रहा। सुबह-सुबह मस्जिदों और ईदगाहों में गूंजी अल्लाहू अकबर की सदाएं शहर की प्रमुख ईदगाहों में नमाज के लिए समय तय किया गया था, जिसके चलते सुबह से ही वहां अकीदतमंदों (नमाजियों) की भारी भीड़ जुटने लगी। ईदगाह अहले हदीस ईदगाह सुबह सबसे पहले 6:30 बजे ईद की नमाज संपन्न हुई। मुख्य ईदगाह में सुबह 6:45 बजे नमाज अदा की गई। इसके अलावा शहर की अन्य दीगर (विभिन्न) मस्जिदों में भी तय समय पर ईद की नमाज शांतिपूर्ण और सुकून के साथ पढ़ी गई। शिक्षा और दीनी तालीम पर दिया गया विशेष जोर मुख्य ईदगाह में शहर काजी शफीउल्लाह सिद्दीकी ने नमाज अदा करवाई। नमाज शुरू होने से पहले मौलाना शौकत ने उपस्थित जनसमूह को संबोधित (बयान) किया। उन्होंने शिक्षा के महत्व पर बात करते हुए कहा आज के दौर में दुनियावी शिक्षा (आधुनिक शिक्षा) बेहद जरूरी है, लेकिन इसके साथ ही बच्चों को इस्लाम की तालीम (दीनी शिक्षा) देना भी उतना ही जरूरी है। दोनों का संतुलन ही इंसान को सही रास्ता दिखाता है। नमाज मुकम्मल होने के बाद शहर काजी ने खुतबा पढ़ा और सामूहिक दुआ करवाई। दुआ में देश में अमन, चैन, खुशहाली और आपसी भाईचारा बनाए रखने की कामना की गई। देश की सुरक्षा और जवानों की हिफाजत के लिए उठे हाथ वहीं दूसरी ओर, ईदगाह अहले हदीस में नमाज के बाद शेख सलीम फैजी ने बेहद भावुक दुआ करवाई। उन्होंने मुल्क की सुरक्षा का जिक्र करते हुए दुआ मांगी कि, या अल्लाह! हमारे देश की सुरक्षा में दिन-रात तैनात पुलिसकर्मियों, सीमाओं पर डटे नौजवानों और फौजियों की हिफाजत फरमा। हमारी नमाजों और कुर्बानियों को कुबूल फरमा। काजी साहब की दुआओं पर वहां मौजूद हजारों नमाजियों ने एक सुर में 'आमीन' कहा। नमाज और दुआ के बाद लोगों ने खुदा की राह में बकरों की कुर्बानी देने की सुन्नत को पूरा किया। ईदगाह पहुंचकर दी मुबारकबाद गंगा-जमुनी तहजीब के प्रतीक इस त्योहार पर सुबह-सुबह विभिन्न राजनीतिक दलों के नेता भी ईदगाह पहुंचे और गले लगाकर ईद की बधाई दी। इस मौके पर पूर्व मंत्री राजेंद्र सिंह गुढ़ा, कांग्रेस नेता दिनेश सुंडा सहित कई राजनेता मौजूद रहे। सुरक्षा के रहे कड़े इंतजाम त्योहार के दौरान शांति और कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए झुंझुनू पुलिस प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद नजर आया। चप्पे-चप्पे पर पुलिस बल तैनात रहा। ईदगाहों पर सुरक्षा व्यवस्था की कमान खुद एडिशनल एसपी देवेंद्र सिंह राजावत, डिप्टी एसपी गोपाल ढाका और शहर कोतवाल (SHO) श्रवण कुमार ने संभाल रखी थी।
लुधियाना के दुगरी मार्केट में देर रात (बुधवार) उस समय हंगामा हो गया जब VIP मूवमेंट के दौरान एक बुजुर्ग व्यक्ति को पुलिस ने आगे जाने से रोक दिया। बुजुर्ग अपनी पोती को आइसक्रीम दिलाने जा रहे थे, तभी सुरक्षा व्यवस्था के चलते उन्हें रास्ते में ही रोक दिया गया। इस दौरान दोनों पक्षों के बीच बहस हो गई। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया। बुजुर्ग का कहना है कि उनके पैर में रॉड पड़ी है, इसलिए वह पैदल नहीं चल सकते, जबकि पुलिस का कहना था कि पहले डीसी साहिब का मूवमेंट पूरा होगा। जानकारी के मुताबिक, किसी प्रशासनिक अधिकारी के दुगरी मार्केट स्थित शोरूम में आगमन के चलते इलाके में पुलिस तैनात थी। इसी दौरान हेल्पफुल एनजीओ वेलफेयर सोसायटी के दीपक गर्ग अपनी पोती के साथ कार से मार्केट पहुंचे। आरोप है कि पुलिसकर्मियों ने उनकी गाड़ी को आगे जाने से रोक दिया। “डीसी साहिब आए हैं, आगे नहीं जाने देंगे” दीपक गर्ग ने बताया कि जब उन्होंने पुलिसकर्मियों से आगे जाने से रोकने का कारण पूछा, तो जवाब मिला कि डीसी साहिब का मूवमेंट है, इसलिए किसी भी वाहन को आगे नहीं जाने दिया जा सकता। दीपक ने कहा कि उनके पैर में रॉड पड़ी हुई है और वह अधिक दूरी पैदल नहीं चल सकते, इसके बावजूद उन्हें रोक दिया गया। उन्होंने आरोप लगाया कि सीनियर सिटीजन होने के बावजूद उनके साथ उचित व्यवहार नहीं किया गया, जबकि उनके अनुसार डीसी हिमांशू जैन उनकी सोसायटी से जुड़े हैं। दीपक के मुताबिक, जैसे ही उन्होंने घटना का वीडियो बनाना शुरू किया, पुलिस ने कुछ देर बाद उनकी गाड़ी को आगे जाने की अनुमति दे दी। इसके बाद इलाके में कुछ समय के लिए माहौल तनावपूर्ण हो गया। फिलहाल मामले को लेकर पुलिस की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।
राज्यसभा सदस्य एवं मप्र के पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह ने एसआईआर को लेकर सुप्रीम कोर्ट द्वारा दिए गए फैसले पर केंद्र सरकार और चुनाव आयोग पर निशाना साधा है। उन्होंने कहा कि कानूनी मंजूरी पहली नजर में वैधता दे सकती है, लेकिन इससे प्रक्रिया लागू करने में मौजूद मोदी सरकार की दुर्भावना समाप्त नहीं हो जाती। दिग्विजय सिंह ने बुधवार को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म फेसबुक पर पोस्ट करते हुए कहा कि चुनाव आयोग ने बिना किसी उचित कारण के एसआईआर प्रक्रिया को जल्दबाजी में आगे बढ़ाया। पूरी प्रक्रिया का उद्देश्य पहले मतदाताओं के नाम हटाना और बाद में सवाल पूछना था। उन्होंने आरोप लगाया कि यह जल्दबाजी इतनी गंभीर थी कि स्वयं सुप्रीम कोर्ट को हस्तक्षेप कर सुरक्षा उपाय लागू करने पड़े। राजनीतिक संतुलन अपने पक्ष में करने की कोशिश पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा कि देश में मोदी सरकार अपनी विफल शासन व्यवस्था को लेकर भारी जनआक्रोश का सामना कर रही है। निष्पक्ष मुकाबले में मतदाताओं का सामना करने में असमर्थ सरकार अब यह तय करने की कोशिश कर रही है कि कौन वोट दे सकता है और कौन नहीं। उन्होंने आरोप लगाया कि मतदाता सूचियों में हेरफेर कर राजनीतिक संतुलन अपने पक्ष में करने का प्रयास किया जा रहा है। चुनिंदा मतदाताओं के नाम हटाए जा रहे दिग्विजय सिंह ने कहा कि बंगाल हो या बिहार, हर जगह एक जैसी स्थिति देखने को मिल रही है। बड़ी संख्या में चुनिंदा मतदाताओं के नाम हटाए जा रहे हैं और फिर उन्हें ऐसी अपील प्रक्रिया से गुजरने को मजबूर किया जा रहा है, जो मनमानी और अंततः निरर्थक साबित होती है। उन्होंने कहा कि सुप्रीम कोर्ट ने कानून के प्रश्न पर फैसला दिया है, लेकिन उससे सम्मानपूर्वक असहमति जताई जा सकती है। पूरी प्रक्रिया खामियों से भरी हुई उन्होंने यह भी कहा कि सुप्रीम कोर्ट ने ही चुनाव आयोग को हटाए गए मतदाताओं की सूची सार्वजनिक करने का निर्देश दिया। साथ ही नाम हटाने के कारण प्रकाशित करने और आधार कार्ड को स्वीकार करने के लिए भी कहा गया, जबकि चुनाव आयोग शुरुआत में इससे इनकार कर रहा था। दिग्विजय सिंह ने आरोप लगाया कि पूरी प्रक्रिया खामियों से भरी हुई और दुर्भावनापूर्ण मंशा पर आधारित थी। कानूनी मंजूरी मिलने के बावजूद इसके क्रियान्वयन पर गंभीर सवाल बने हुए हैं।
भोपाल के प्रतिष्ठित हमीदिया अस्पताल से संवेदनशीलता और नियमों को ताक पर रखने वाला वीडियो सामने आया है। अस्पताल परिसर में मॉर्च्युरी (शवगृह) के अंदर जाने वाले खुले रास्ते पर ही एक शव का पोस्टमॉर्टम कर दिया गया। इस दौरान वहां मौजूद आम लोग और मरीजों के परिजन डॉक्टरों की इस चीर-फाड़ को देखते रहे। शव से आ रही तेज बदबू के कारण वहां खड़े कई लोगों को मजबूरन दूर भागना पड़ा, लेकिन डॉक्टरों ने संवेदनशीलता की सारी हदें पार कर दीं। पोस्टमॉर्टम की तस्वीरें… बजरिया इलाके से लाया गया था शव, नहीं हुई थी पहचान दरअसल, बजरिया थाना क्षेत्र से पुलिस एक व्यक्ति का शव पोस्टमॉर्टम के लिए हमीदिया अस्पताल लेकर आई थी। उसकी पहचान नहीं हो पाई थी, लेकिन शव को एम्बुलेंस से उतारकर मॉर्च्युरी के अंदर ले जाने के बजाय अंदर जाने वाले रास्ते पर ही रख दिया गया। इसके बाद दो डॉक्टरों ने बिना किसी परदे या शेड के खुलेआम नीचे स्ट्रेचर पर ही शव का पोस्टमॉर्टम (चीर-फाड़) शुरू कर दिया। डॉक्टरों की अजीब दलील बनाम वायरल वीडियो का सच जब इस मामले को लेकर अस्पताल प्रशासन और फॉरेंसिक विभाग से सवाल किए गए तो उनकी दलीलें वायरल वीडियो के सामने पूरी तरह झूठी साबित होती दिखीं। मामले में गांधी मेडिकल कॉलेज के फॉरेंसिक विभाग के एचओडी डॉ. आशीष जैन ने कहा- कुछ विशेष मामलों में शवों का पोस्टमॉर्टम मॉर्च्युरी के बाहर बने शेड वाले एरिया में किया जाता है, जबकि सामान्य प्रक्रिया वाले पोस्टमॉर्टम अंदर ही होते हैं। खुले एरिया में केवल शवों की सफाई की जाती है। दावों की खुली पोल: वीडियो और बयानों में बड़ा विरोधाभास अस्पताल प्रशासन के दावों और मौके के वीडियो फुटेज में साफ तौर पर अंतर (विरोधाभास) देखा जा सकता है। HOD ने दावा किया कि बाहर सिर्फ शव की सफाई या कीड़े हटाए जाते हैं, लेकिन वीडियो में साफ दिख रहा है कि डॉक्टर सीधे स्ट्रेचर पर ही मुख्य पोस्टमॉर्टम (चीर-फाड़) कर रहे हैं। दावा शेड वाले एरिया का था, जबकि शव को मॉर्च्युरी के मुख्य रास्ते पर खुले में रखा गया था, जहां से लोगों की लगातार आवाजाही हो रही थी। ……………………… यह खबर भी पढ़ें... IPS-जज दंपती की 17 वर्षीय बेटी ने की खुदकुशी भोपाल के पॉश इलाके चार इमली में रहने वाले एक आईपीएस अधिकारी संजीव कंचन की 17 वर्षीय बेटी का शव फांसी के फंदे पर लटका मिला। घटना मंगलवार दोपहर की है। हबीबगंज थाना प्रभारी संजीव चौकसे के अनुसार, बच्ची 11वीं कक्षा की छात्रा थी। पुलिस को परिजन से सूचना मिली। छात्रा के मोबाइल फोन और उसके संपर्कों की जांच की जा रही है। पूरी खबर पढ़ें…
पूर्णिया से लग्जरी कार से बकरी चोरी का मामला सामने आया है। कार सवार 15 लाख की लग्जरी गाड़ी से आए और बकरी चुराकर साथ ले गए। शातिर चोरों की ये सारी करतूत गांव में लगे CCTV में कैद हो गई। ये वीडियो सोशल मीडिया पर जमकर वायरल हो रहा है। घटना जिले के बायसी थाना क्षेत्र के बखरिया गांव यादव टोली का है। गांव में दुकान के बाहर एक बकरी बांधकर रखी गई थी। देर शाम तक बकरी नहीं मिलने पर परिजनों ने आसपास खोजबीन शुरू की, लेकिन कोई सुराग नहीं मिला। एक-दो दिन तक तलाश करने के बाद जब सोमवार को गांव में लगे CCTV कैमरे की फुटेज खंगाली गई तो पूरी घटना सामने आ गई। चंद सेकेंड में कार में बकरी डालकर फरार CCTV फुटेज के मुताबिक दोपहर करीब 2 बजे एक हुंडई कार गांव में पहुंची। कार में सवार लोग पहले आसपास की गतिविधियों पर नजर रखते रहे। गांव वालों को लगा कि किसी अधिकारी या सम्मानित व्यक्ति की गाड़ी आई है, इसलिए किसी ने शक नहीं किया। इसी दौरान मौका मिलते ही कार से उतरे बदमाशों ने कुछ ही सेकेंड में बकरी को पकड़ा और गाड़ी में डालकर तेज रफ्तार से फरार हो गए। स्थानीय लोगों ने कार्रवाई की उठाई मांग ग्रामीणों का कहना है कि कार में काला शीशा लगा हुआ था, जिसकी वजह से अंदर बैठे लोगों की पहचान नहीं हो सकी। लगातार हो रही बकरी चोरी की घटनाओं से इलाके के पशुपालकों में डर का माहौल है। लोगों का कहना है कि पहले बाइक सवार चोरों का डर था, लेकिन अब कार से पहुंचकर दिनदहाड़े चोरी होना चिंता बढ़ाने वाला है। ग्रामीणों ने प्रशासन से जल्द कार्रवाई की मांग की है और लोगों से सतर्क रहने की अपील की है।
भारतीय पर्वतारोहण जगत के लिए गर्व का एक और मौका आने वाला है। देश की जानी-मानी पर्वतारोही ज्योति रात्रे अब अपने अगले बड़े अंतरराष्ट्रीय अभियान पर निकलने जा रही हैं। उनका लक्ष्य मैक्सिको स्थित पिको डी ओरिजाबा शिखर है, जो 5,636 मीटर (18,491 फीट) की ऊंचाई के साथ उत्तरी अमेरिका का सबसे ऊंचा ज्वालामुखी माना जाता है। बर्फ से ढके इस विशाल ज्वालामुखी पर चढ़ाई को दुनिया के सबसे कठिन अभियानों में गिना जाता है। अत्यधिक ऊंचाई, जमा देने वाली ठंड, तेज हवाएं और खड़ी बर्फीली ढलानें इस मिशन को बेहद चुनौतीपूर्ण बनाती हैं। ऐसे में यह अभियान ज्योति रात्रे की शारीरिक क्षमता के साथ-साथ मानसिक दृढ़ता की भी कड़ी परीक्षा लेगा। सबसे खास बात यह है कि अब तक भारत की किसी महिला पर्वतारोही ने इस शिखर पर तिरंगा नहीं फहराया है। यदि ज्योति रात्रे इस मिशन में सफल होती हैं, तो यह भारतीय महिला पर्वतारोहण इतिहास में एक नया अध्याय जोड़ने वाला क्षण होगा। ज्योति रात्रे इस अभियान को केवल व्यक्तिगत उपलब्धि नहीं मानतीं, बल्कि इसे महिला सशक्तिकरण के संदेश से जोड़ती हैं। उनका कहना है कि यह मिशन खास तौर पर ग्रामीण भारत की महिलाओं को साहस, आत्मविश्वास और आत्मनिर्भरता के लिए प्रेरित करने का प्रयास है। प्रस्थान से पहले ज्योति रात्रे ने कहा, “पर्वतारोहण हमें सिखाता है कि मजबूत इरादों के सामने कोई भी शिखर असंभव नहीं होता। मैं चाहती हूं कि देश की हर महिला यह समझे कि सीमाएं वही होती हैं, जिन्हें हम खुद तय करते हैं।” 55 वर्षीय ज्योति रात्रे इससे पहले दुनिया की सबसे ऊंची चोटी माउंट एवरेस्ट सहित कई अंतरराष्ट्रीय शिखरों पर सफलता हासिल कर चुकी हैं। उनका यह नया अभियान न केवल देश के लिए गौरव का विषय बन सकता है, बल्कि महिलाओं के लिए प्रेरणा का सशक्त प्रतीक भी साबित होगा। किसी भारतीय महिला ने नहीं फहराया तिरंगा बर्फ से ढके इस विशाल स्ट्रेटोवोल्केनो पर चढ़ाई को दुनिया के चुनौतीपूर्ण अभियानों में गिना जाता है। अत्यधिक ऊंचाई, जमा देने वाली ठंड, तेज हवाएं और खड़ी बर्फीली ढलानें इस अभियान को और कठिन बनाती हैं। ऐसे में यह यात्रा ज्योति रात्रे की शारीरिक क्षमता के साथ-साथ मानसिक दृढ़ता की भी कड़ी परीक्षा लेगी। सबसे खास बात यह है कि अब तक भारत की किसी महिला पर्वतारोही ने इस शिखर पर तिरंगा नहीं फहराया है। यदि ज्योति इस मिशन में सफल होती हैं, तो यह भारतीय महिला पर्वतारोहण इतिहास में एक नया अध्याय जोड़ने वाला क्षण होगा।
महराजगंज जिले में डीजल और पेट्रोल की किल्लत के बीच प्रशासनिक निर्देशों और जमीनी हकीकत में बड़ा अंतर देखने को मिला है। जिलाधिकारी गौरव सिंह सोगरवाल ने बुधवार दोपहर प्रेस विज्ञप्ति जारी कर जिले के सभी पेट्रोल पंपों पर 24 घंटे ईंधन बिक्री सुनिश्चित करने के निर्देश दिए थे। हालांकि, गुरुवार को कई पेट्रोल पंपों पर स्थिति इसके उलट नजर आई। कई पंपों पर लगा “तेल समाप्त” का बोर्ड जिले के विभिन्न पेट्रोल पंपों पर “सुबह 7 बजे से शाम 7 बजे तक पेट्रोल-डीजल मिलेगा” के बोर्ड लगे दिखाई दिए। कई पंपों पर “तेल समाप्त” की सूचना भी चस्पा मिली, जबकि कुछ स्थानों पर सीमित समय तक ही ईंधन वितरण किया गया। इस स्थिति से किसानों, वाहन चालकों और आम लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। घंटों कतार में खड़े रहे लोग गुरुवार सुबह से ही कई पेट्रोल पंपों पर लंबी कतारें लगी रहीं। लोग घंटों लाइन में खड़े होकर अपनी बारी का इंतजार करते रहे। ग्रामीण इलाकों से आए किसानों ने बताया कि प्रशासन ने 24 घंटे ईंधन उपलब्ध कराने का दावा किया था, लेकिन कई पंप निर्धारित समय से पहले ही बंद हो गए। लोगों ने पारदर्शी व्यवस्था की मांग की स्थानीय लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि जारी निर्देशों का सख्ती से पालन सुनिश्चित कराया जाए। लोगों ने पेट्रोल पंप संचालकों की मनमानी पर रोक लगाने और ईंधन वितरण व्यवस्था को पूरी तरह पारदर्शी बनाने की अपील की है, ताकि आम जनता को राहत मिल सके।
भीषण गर्मी और बढ़ते जल संकट के बीच बाड़मेर में नहरी पानी चोरी के मामलों पर कार्रवाई तेज हो गई है। जलदाय विभाग ने बाड़मेर लिफ्ट परियोजना की मुख्य पाइपलाइन पर कई अवैध जल कनेक्शन पकड़े हैं। विभाग ने चार लोगों के खिलाफ पानी चोरी का मामला दर्ज करवाने के साथ जुर्माना वसूली की प्रक्रिया भी शुरू कर दी है। मुख्य पाइपलाइन पर पकड़े अवैध कनेक्शन जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग के अधीक्षण अभियंता (SE) हजारी राम बालवा ने बताया कि नहरी पानी की चोरी रोकने के लिए लगातार अभियान चलाया जा रहा है। परियोजना खंड श्रीमोहनगढ़ के सहायक अभियंता गणेश कुमार ने कुम्हारों की ढाणी से शिव की ओर जाने वाली मुख्य पाइपलाइन की जांच की। इस दौरान कई स्थानों पर अवैध रूप से पानी चोरी करने के लिए कनेक्शन लिए हुए मिले। होटल, कॉलोनी और सर्विस सेंटर में मिली चोरी जांच में सामने आया कि गुलाणियों की ढाणी गूंगा शिव मुख्य हाईवे के पास बाबूलाल कुमावत ने 2 इंच एचडीपीई पाइप से अवैध कनेक्शन ले रखा था। वहीं फलसूंड फांटा शिव स्थित राजकमल होटल में 1 इंच एचडीपीई पाइप से अवैध कनेक्शन मिला। इसके अलावा उत्तम विहार कॉलोनी शिव में बाबूलाल माली द्वारा 2 इंच एमएस पाइप तथा मंगलिया ऑटो पार्ट्स एंड सर्विस सेंटर एवं राजू ऑटो सर्विस एंड स्पेयर पार्ट्स की ओर से आधा इंच एचडीपीई पाइप से अवैध जल कनेक्शन लिया जाना पाया गया। जेसीबी से खोदकर काटे कनेक्शन विभागीय अधिकारियों ने बताया कि संवेदक फर्म की टीम पुलिस जाब्ते के साथ मौके पर पहुंची और जेसीबी मशीन की मदद से अवैध कनेक्शनों को काटने की कार्रवाई की गई। इसके साथ ही पानी चोरी करने वालों के खिलाफ पुलिस थाना शिव में एफआईआर दर्ज करवाई गई है। जुर्माना वसूली की तैयारी पीएचईडी विभाग ने अवैध रूप से पानी चोरी करने वाले संबंधित कनेक्शनधारियों पर जुर्माना राशि की गणना भी कर ली है। अधिकारियों को वसूली कार्रवाई शुरू करने के निर्देश दिए गए हैं। विभाग ने स्पष्ट किया कि पेयजल संकट के दौरान अवैध जल कनेक्शन किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं किए जाएंगे और आगे भी अभियान लगातार जारी रहेगा।
इंदौर के एक फुटकर व्यापारी के साथ ऑनलाइन ब्लैकमेलिंग और ठगी का मामला सामने आया है। व्यापारी ने इंस्टाग्राम पर दिखाई गई लोन एप की लिंक पर क्लिक कर लोन लिया था। इसके बाद आरोपी उसे फोटो और वीडियो वायरल करने की धमकी देकर रुपए वसूलते रहे। मामले में बाणगंगा पुलिस ने एफआईआर दर्ज की है। पुलिस के मुताबिक राहुल गिरी बुधवार को शिकायत लेकर थाने पहुंचे थे। राहुल ने बताया कि फरवरी में उन्हें व्यक्तिगत जरूरत के लिए पैसों की आवश्यकता थी। इसी दौरान उन्होंने इंस्टाग्राम पर “स्वीट मनी” नाम के लोन एप का विज्ञापन देखा। लिंक पर क्लिक कर उन्होंने एप डाउनलोड कर ली। लोन के 4 हजार रुपए ट्रांसफर कर दिए एप डाउनलोड करने के बाद आरोपियों ने राहुल से आधार कार्ड, पैन कार्ड और बैंक खाते की जानकारी मांगी। जानकारी देने के बाद उनके खाते में करीब 4 हजार रुपए का लोन ट्रांसफर कर दिया गया। कुछ दिन बाद अलग-अलग नंबरों से वॉट्सएप कॉल और मैसेज आने लगे। आरोपियों ने लोन की रकम कई गुना बढ़ाकर वसूली शुरू कर दी। 1 लाख 36 हजार रुपए ट्रांसफर कर दिए राहुल ने विरोध किया तो आरोपियों ने धमकी दी कि उनके पास मोबाइल से ली गई फोटो और डाटा मौजूद है। रुपए नहीं देने पर फोटो एडिट कर रिश्तेदारों और परिचितों को वायरल करने की बात कही गई। डर के कारण राहुल ने आरोपियों द्वारा बताई गई यूपीआई आईडी पर करीब 1 लाख 36 हजार रुपए ट्रांसफर कर दिए। रिश्तेदारों और परिचितों को एडिट किए फोटो भेज दिए इसके बावजूद आरोपी लगातार और रुपए मांगते रहे। उन्होंने राहुल के रिश्तेदारों और परिचितों को एडिट किए गए फोटो भी भेज दिए। लगातार धमकियों से परेशान होकर राहुल ने बाद में अपना मोबाइल भी फॉर्मेट कर दिया। पीड़ित ने पुलिस को आधा दर्जन से ज्यादा यूपीआई आईडी और अन्य जानकारी सौंपी है, जिनके जरिए ठगी की गई। राहुल ने पहले क्राइम ब्रांच की साइबर यूनिट में शिकायत दर्ज कराई थी। जांच के बाद बाणगंगा पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
अजमेर में स्कॉर्पियो में आग लगने से पूर्व सरपंच मां-बेटे सहित 4 लोग जिंदा जल गए। घटना शहर से करीब 60 किलोमीटर दूर बोराड़ा थाना क्षेत्र में गुरुवार सुबह 5.30 बजे की है। पुलिस के अनुसार हादसा श्रीरामपुरा गांव में हुआ। इसमें पूर्व सरपंच रामसिंह चौधरी, उनकी मां और पूर्व सरपंच पूसी देवी, पत्नी सुरज्ञान देव और भांजी महिमा की मौत हो गई। वहीं, सुरज्ञान देवी जिला परिषद मेंबर थीं। जानकारी के अनुसार पूसीदेवी के सीने में दर्द हो रहा था। इसलिए रामसिंह उन्हें लेकर हॉस्पिटल जा रहे थे। देखिए हादसे के PHOTOS… इनपुट सहयोग: प्रकाश सिंधी अरई खबर अपडेट की जा रही है…
सवाई माधोपुर रेलवे स्टेशन पर मंगलवार को चलती ट्रेन में चढ़ने के दौरान एक यात्री का पैर फिसल गया और वह ट्रेन व प्लेटफॉर्म के बीच गिर गया। मौके पर मौजूद आरपीएफ जवानों की सतर्कता से बड़ा हादसा टल गया और यात्री की जान बचा ली गई। पानी लेने उतरा था यात्री आरपीएफ पोस्ट सवाई माधोपुर थानाधिकारी मानसिंह ने बताया कि गाड़ी संख्या 20985 कोटा-उधमपुर एक्सप्रेस प्लेटफॉर्म नंबर-1 पर पहुंची थी। इसी दौरान यात्री अनवर अली (50) पुत्र अल्लाह बट्टा निवासी डडवाड़ा, आनंद विहार, कोटा पानी लेने के लिए प्लेटफॉर्म पर उतर गया। इसी बीच ट्रेन रवाना हो गई। ट्रेन चलने के दौरान वापस कोच में चढ़ने की कोशिश करते समय उसका पैर फिसल गया और वह ट्रेन तथा प्लेटफॉर्म के बीच गिर गया। आरपीएफ जवान ने दिखाई सूझबूझ घटना देखकर प्लेटफॉर्म ड्यूटी पर तैनात आरपीएफ हेड कॉन्स्टेबल रणवीर सोगरवाल ने तुरंत सूझबूझ दिखाते हुए ट्रेन के गार्ड को सूचना देकर ट्रेन रुकवाई। इसके बाद यात्री को सुरक्षित बाहर निकाला गया। पीठ पर आई हल्की चोट घटना में यात्री की पीठ पर हल्की खरोंच आई, जिसका रेलवे डॉक्टर की ओर से प्राथमिक उपचार कराया गया। बताया गया कि यात्री अनवर अली कोटा से गंगापुर की यात्रा कर रहा था और उसके पास वैध टिकट मौजूद था। आरपीएफ की तत्परता और सजगता के चलते यात्री की जान बच गई और एक बड़ा हादसा टल गया।
पटना के बाढ़ में गंगा में नाव पलटने से 3 लोगों की डूबने से मौत हो गई। जबकि 7 लापता बताए जा रहे हैं। नाव पर करीब 15 लोग सवार थे। जिसमें अधिकतर महिलाएं और बच्चे शामिल थे। हादसा उमानाथ मंदिर के सामने गंगा नदी में हुआ है। मृतकों की पहचान लीला देवी (40), नीलम कुमारी (30) और काशी कुमार (15) के रूप में हुई है। नाव पर सवार सभी लोग बाढ़ थाना क्षेत्र के मासूमगंज बिंद टोली के निवासी थे। सभी गुरुवार सुबह 5 बजे सब्जी लादकर नदी पार कर रहे थे। तभी ये हादसा हुआ। जानकारी के मुताबिक, 5 लोगों ने किसी तरह तैरकर अपनी जान बचाई। स्थानीय लोगों के मुताबिक, मौत का आंकड़ा बढ़ सकता है। मौके पर NDRF और SDRF की टीम मौजूद है। लापता हुए लोगों की तलाश जारी है। लापता लोगों की हो रही तलाश घटना सुबह करीब 5 बजे की बताई जा रही है। जानकारी के अनुसार, सभी लोग गंगा पार दियारा इलाके से सब्जियां लादकर एक छोटी नाव से उमानाथ मंदिर घाट लौट रहे थे। इसी दौरान नाव अचानक पलट गई। बताया जाता है कि ये लोग रोज सुबह नाव के जरिए सब्जियां लेकर उमानाथ मंदिर परिसर में बेचने आते थे। घटना के बाद स्थानीय प्रशासन और बचाव दल लापता लोगों की तलाश में जुटे हुए हैं। घायलों में श्रवण कुमार, राहुल कुमार, ममता देवी, कबूतरी कुमारी और 16 साल की नाबालिग है। बाकी 3 की पहचान अभी नहीं हो पाई है। खबर अपडेट हो रही है….
चोइथराम मंडी में बुधवार देर रात चाकूबाजी की वारदात हो गई। तीन से ज्यादा बदमाशों ने मंडी में काम करने वाले चार कर्मचारियों पर चाकू से हमला कर दिया। घटना में चारों घायल हो गए, जिनमें दो की हालत गंभीर बताई जा रही है। सभी घायलों को इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। पुलिस आरोपियों की तलाश में जुटी हुई है। राजेंद्र नगर थाना पुलिस से मिली जानकारी के मुताबिक घायल कर्मचारियों के नाम अरुण पुत्र राजू निवासी राजा रानी नगर, सुनील पुत्र बाबूलाल, रंजीत पुत्र रामगणेश और सूरज पुत्र बाबूलाल हैं। सभी चोइथराम मंडी की दुकान नंबर-1 पर काम करते हैं। शराब के लिए पैसे न देने पर विवाद बताया जा रहा है कि देर रात सभी कर्मचारी मंडी में फलों से भरे वाहन खाली कराने के बाद अपने घर लौट रहे थे। इसी दौरान मंडी गेट के पास बने सार्वजनिक शौचालय के पास अंधेरे में बैठे बदमाशों ने उन्हें रोक लिया और शराब पीने के लिए पैसे मांगने लगे। जब सुनील ने रुपए देने से इनकार किया, तो बदमाशों ने चाकू निकालकर उस पर हमला कर दिया। सुनील को बचाने पहुंचे अन्य साथियों पर भी आरोपियों ने ताबड़तोड़ हमला कर दिया। घटना के बाद मंडी परिसर में अफरा-तफरी मच गई। बदमाशों की तलाश की जा रही सूचना मिलते ही राजेंद्र नगर थाना पुलिस देर रात मौके पर पहुंची और घायलों को अस्पताल भिजवाया। शुरुआती जांच में सामने आया है कि हमला करने वाले बदमाश अहिरखेड़ी इलाके के रहने वाले हैं और मंडी क्षेत्र में लूटपाट और जबरन वसूली जैसी गतिविधियों में शामिल रहे हैं। पुलिस ने कुछ संदिग्ध बदमाशों की पहचान कर ली है और उनकी तलाश में दबिश दी जा रही है। मामले की जांच जारी है।
पीड़िता का जन्म 4 जुलाई को हुआ था - जो अमेरिका का स्वतंत्रता दिवस है। वह उस तारीख की तरह ही स्वतंत्रता, गरिमा और स्वाभिमान की प्रतीक थी। लेकिन 15 अगस्त 2013 की रात - ठीक उसी वक्त जब पूरा हिंदुस्तान अपनी आजादी का जश्न मना रहा था - जोधपुर की एक कुटिया में उस बच्ची की स्वतंत्रता, गरिमा और मासूमियत तीनों एक साथ छीन ली गईं। राजस्थान हाईकोर्ट की खंडपीठ ने जब नाबालिग रेप मामले में बुधवार को आसाराम की आजीवन कारावास की सजा बरकरार रखते हुए अपने 92 पन्नों के इस फैसले की शुरुआत ही उन शब्दों से हुई, जिन्होंने पूरे मामले की पीड़ा को बयां कर दिया। जस्टिस अरुण मोंगा और जस्टिस योगेंद्र कुमार पुरोहित की खंडपीठ ने न केवल अपराधी को सजा सुनाई, बल्कि फैसले के हर पन्ने पर न्याय की ऐसी दार्शनिक व्याख्या की, जो भारतीय न्यायिक इतिहास में दर्ज हो गई है। आइए, फैसले के उन 10 ऐतिहासिक पहलुओं को समझते हैं, जो कोर्ट ने अपने शब्दों में पिरोए हैं। 1.आजादी के जश्न वाली रात छिनी मासूमियत हाईकोर्ट ने बेहद भावुक शब्दों में कहा कि पीड़िता का जन्म 4 जुलाई को हुआ था, जो स्वतंत्रता का प्रतीक दिन माना जाता है। लेकिन 15 अगस्त 2013 की रात, जब पूरा देश आजादी मना रहा था, उसी रात उस बच्ची की आजादी, गरिमा और मासूमियत छीन ली गई। सबसे दर्दनाक बात यह थी कि जिस व्यक्ति को वह भगवान मानती थी, उसी ने उसके विश्वास को तोड़ा। कोर्ट ने लिखा: स्वतंत्रता, गरिमा और स्वाभिमान की प्रतीक उस दिन जन्मी बच्ची से - ठीक उसी रात जब भारत अपनी आजादी का जश्न मना रहा था - ये तीनों एक साथ छीन लिए गए। और जिसने यह किया, उसे वह 'भगवान' मानती थी। 2. निर्दोषता कभी अंधेरे और बंद दरवाजे नहीं खोजती बचाव पक्ष का तर्क था कि कुटिया के अंदर हुई घटना का कोई चश्मदीद गवाह नहीं है। इस पर कोर्ट ने सख्त टिप्पणी करते हुए कहा कि- रात के 10:30 बजे उस कुटिया में केवल दो लोग थे। दरवाजा अंदर से बंद था, कुंडी लगी थी और बत्तियां बुझा दी गई थीं। ऐसे हालात में पीड़िता से किसी तीसरे गवाह की मांग करना - उसे उसी एकांत के लिए दंडित करना (अन्याय) होगा, जो उसके उत्पीड़क ने जानबूझकर रचा था। आखिर एक धर्मगुरु रात के अंधेरे में एक युवा लड़की को अकेले अपने कमरे में क्यों बुलाएगा? निर्दोषता कभी अंधेरे और बंद दरवाजे नहीं खोजती। 3. शरणस्थली कैसे बन गई ‘शिकारी का अड्डा’? पीड़िता की चुप्पी पर समाज का आइना दिखाते हुए कोर्ट ने कहा: वह बच्ची उस शख्स के पास शरण मांगने आई थी जिसे वह भगवान मानती थी। वह हाथ जोड़कर आई थी - वह नहीं जानती थी कि जो जगह उसे 'शरणस्थली' लग रही थी, वह दरअसल एक 'शिकारी का अड्डा' (Hunter's den) बन चुकी है। रेप केवल शारीरिक अपराध नहीं है, यह समाज की ओर से थोपी गई 'शर्म' का बोझ है जो पीड़िता को चुप रहने पर मजबूर करता है। 4. एफआईआर की 'व्याकरणिक गलती' और उर्दू शायरी भी बनी डर की गवाही पीड़िता ने पहली शिकायत में 'ज़बरदस्ती कपड़े उतारे' को काटकर 'उतारने लगा' किया था। हाईकोर्ट ने इसे डर की मनोवैज्ञानिक गवाही माना और न्याय के लिए अमीर मीनाई का शेर का उदाहरण दिया: क़रीब है यारो रोज़े महशर, छुपेगा कुश्तों का खून क्यों कर; जो चुप रहेगी ज़बाने खँजर, लहू पुकारेगा आस्तीं का। (अर्थात: अगर कातिल का खंजर खामोश भी रहे, तो आस्तीन पर लगा खून खुद गवाही देगा)। कोर्ट ने इसे 'न्याय और साहित्य का बेहतरीन संगम' बताया। 5. याददाश्त कोई 'तस्वीर' नहीं है क्रॉस-एग्जामिनेशन में बयानों के विरोधाभासों को बचाव पक्ष ने झूठ बताया, जिसे कोर्ट ने खारिज कर दिया। इस पर कहा- मानवीय धारणा कोई सटीक उपकरण नहीं है। याददाश्त अपने आप में कोई तस्वीर नहीं होती - यह एक जीवंत, लेकिन समय के साथ धुंधली होती छाप है। अगर सच बोलने वाले गवाह छोटी बातों पर लड़खड़ा जाएं, तो वे झूठे नहीं हैं, बल्कि यह उस साधारण इंसान की बची-खुची यादें हैं जिन्हें समय पहले ही मिटाना शुरू कर चुका है। 6. अंधविश्वास कैसे विवेक पर भारी पड़ता है? पढ़े-लिखे परिवार द्वारा 'भूत-प्रेत' की बात मान लेने पर कोर्ट ने कहा: आस्था एक बेहद शक्तिशाली ताकत है - इतनी कि यह सबसे तेज दिमाग वालों के तर्क और विवेक को भी मात दे सकती है। जब कोई व्यक्ति संकट में हो, ठीक ऐसे ही क्षणों में अंधविश्वास को सबसे तैयार श्रोता मिलते हैं। संकट के समय इंसान सबसे ज्यादा भावनात्मक और कमजोर हो जाता है। 7. “50 करोड़ की साजिश” वाली दलील खारिज बचाव पक्ष का सबसे बड़ा दावा था कि यह 50 करोड़ रुपए ऐंठने की एक पहले से रची गई साजिश है। कोर्ट ने इस मनगढ़ंत कहानी को खारिज करते हुए लिखा: अगर यह पहले से रची गई कोई साजिश होती, तो शिकायतकर्ता आसानी से घटना के तुरंत बाद सीधे जोधपुर में ही रिपोर्ट दर्ज करवा सकते थे। इसके बजाय, वे जोधपुर से जयपुर गए, फिर शाहजहांपुर गए और अंत में वापस दिल्ली आकर जीरो एफआईआर करवाई। यह लंबा रास्ता और यात्रा ही यह साबित करती है कि यह कोई साजिश नहीं थी, बल्कि डर और आम मानवीय परिस्थितियों के तहत उठाया गया एक स्वाभाविक कदम था।’ 8. जीवन का 'पहले' और 'बाद' में बंट जाना मेंटल ट्रोमा पर हाईकोर्ट ने लिखा: बलात्कार पीड़िता केवल एक घाव नहीं उठाती, वह एक 'मिटावट' (Erasure) बर्दाश्त करती है - अपनी पहचान की मिटावट, जो वह उस पल से पहले थी। इस घिनौने कार्य ने उसके जीवन को हमेशा के लिए 'पहले' और 'बाद' के दो हिस्सों में बांट दिया है। रेप सिर्फ एक घटना नहीं, बल्कि पीड़िता की पहचान और आत्मसम्मान को मिटा देने वाला अपराध है। इस घटना ने उसके जीवन को हमेशा के लिए “पहले” और “बाद” में बांट दिया। 9. 81 पन्नों की तीखी जिरह के बाद भी नहीं डिगी सच्चाई आसाराम के बचाव में देश के नामचीन वकीलों ने पीड़िता को झूठा साबित करने के लिए उससे कोर्ट में बेहद तीखे सवाल किए। इसका जिक्र करते हुए कोर्ट ने लिखा: पीड़िता से बचाव पक्ष के वकीलों ने बहुत लंबी और विस्तृत जिरह (क्रॉस एक्जामिनेशन) की, जो रिकॉर्ड के 81 पन्नों में दर्ज है। लेकिन इसके बावजूद वह अपनी मुख्य गवाही पर पूरी तरह से अडिग रही। वकीलों के तमाम तीखे सवालों के तीर भी उस बच्ची के मुख्य बयान को हिला नहीं सके, जो इस बात का सबसे बड़ा सबूत है कि वह सच बोल रही है। 10. अपराधी की कैद बनाम पीड़िता की सजा जब 86 साल की उम्र का हवाला देकर रियायत की मांग की गई, तो कोर्ट का जवाब इतिहास में दर्ज हो गया: आरोपी के लिए कैद सिर्फ शारीरिक है, जिसकी कुछ दीवारें हैं। लेकिन पीड़िता पर जो सजा थोपी गई, उसकी कोई दीवार नहीं है। न कोई वारंट जारी हुआ, न अदालत ने सजा सुनाई। उसकी आत्मा पर लिखी यह सजा उम्रभर की है, जिसमें कोई पैरोल नहीं है। ---- ये खबर भी पढ़ें… 'भूत का साया' क्या था, शिल्पी-शरत को क्यों बरी किया:आसाराम की सजा बरकरार, 16 सवालों से जानिए हाईकोर्ट का फैसला नाबालिग से रेप के मामले में राजस्थान हाईकोर्ट (जोधपुर मुख्यपीठ) ने आसाराम की आजीवन कारावास की सजा बरकरार रखी है। कोर्ट ने आसाराम की अंतरिम जमानत तुरंत रद्द करते हुए सरेंडर करने का आदेश दिया है। साथ ही तत्काल गिरफ्तारी का वारंट भी जारी कर दिया है। (पूरी खबर पढ़ें)
हनुमानगढ़ में नौतपा के सबसे 2 गर्म दिन:आज और कल तापमान 48 डिग्री के पार जाने की आशंका
हनुमानगढ़ जिले में भीषण गर्मी का दौर जारी है। गुरुवार को नौतपा के दौरान तापमान में और बढ़ोतरी दर्ज की गई। भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) के अनुसार अगले 2 दिनों में पारा 48 डिग्री सेल्सियस के पार जा सकता है। गुरुवार सुबह करीब 5 बजे सतीपुरा क्षेत्र में लगभग 1 मिनट के लिए हल्की बूंदाबांदी हुई, लेकिन यह तुरंत रुक गई। इसके बाद उमस और तेज धूप ने लोगों की परेशानी बढ़ा दी। दिन चढ़ने के साथ गर्म हवाओं का प्रकोप भी जारी रहा। हीटवेव ने बढ़ाई परेशानीआईएमडी के साप्ताहिक पूर्वानुमान के मुताबिक गुरुवार और शुक्रवार नौतपा के सबसे गर्म दिन रह सकते हैं। इन दो दिनों में अधिकतम तापमान 48 डिग्री सेल्सियस से ऊपर पहुंचने की संभावना है। मौसम विभाग ने साफ आसमान और लू जैसे हालात बने रहने का अनुमान जताया है। शनिवार से तापमान में मामूली गिरावट आ सकती है, हालांकि गर्मी और उमस से तत्काल राहत मिलने की उम्मीद कम है। फसलों पर भी भीषण गर्मी का असरलगातार बढ़ रही गर्मी का असर कृषि क्षेत्र पर भी दिख रहा है। कपास की बुवाई पूरी हो चुकी है, लेकिन तेज तापमान और गर्म हवाओं के कारण कई स्थानों पर अंकुरित पौधे मुरझाने की शिकायतें सामने आ रही हैं। कृषि विभाग किसानों को हल्की सिंचाई करने और शाम के समय खेतों में नमी बनाए रखने की सलाह दे रहा है। गर्मी के कारण शहर के बाजारों और सड़कों पर दोपहर के समय आवाजाही कम रही। लोग घरों में रहने को प्राथमिकता दे रहे हैं। बिजली की मांग बढ़ने से कई इलाकों में ट्रिपिंग और लो वोल्टेज की समस्या भी दर्ज की गई।आईएमडी के अनुसार, 30 मई से मौसम में हल्का बदलाव शुरू हो सकता है। 31 मई और 1 जून को तापमान 41-42 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने का अनुमान है, जबकि 2 जून को आंधी और बारिश की संभावना जताई गई है।
शाजापुर जिले में बुधवार देर रात नेशनल हाईवे-52 पर दो अलग-अलग सड़क हादसे हुए। इन घटनाओं में एक कार डिवाइडर से टकरा गई, जबकि एक बस आगे चल रहे ट्रक में जा घुसी। दोनों हादसों में वाहन क्षतिग्रस्त हुए, हालांकि बस में सवार यात्री सुरक्षित बताए गए हैं। पहला हादसा सुनेरा थाना क्षेत्र के ग्राम अभयपुर ब्रिज के पास रात करीब 3 बजे हुआ। उज्जैन से सारंगपुर जा रही एक स्विफ्ट कार का चालक नींद की झपकी आने से नियंत्रण खो बैठा और कार डिवाइडर से टकरा गई। कार सवार दो लोग घायल टक्कर से कार का अगला हिस्सा बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया। हादसे में कार में सवार दो युवक राज मालवीय (24) निवासी आगर रोड उज्जैन और कृष्ण पाल राठौर (27) निवासी उज्जैन घायल हो गए। सूचना मिलने पर सुनेरा पुलिस और डायल-112 की टीम मौके पर पहुंची। डायल-112 के पायलट संजीव सूर्यवंशी और आरक्षक अभिषेक गुप्ता ने घायलों को शाजापुर जिला अस्पताल पहुंचाया। इंदौर जा रही बस कंटेनर में जा घुसी दूसरा हादसा मक्सी थाना क्षेत्र के कनासिया नाका पर हुआ। बस क्लीनर जितेंद्र के अनुसार, इंदौर से गुना जा रही कमला बस में 15 से 20 यात्री सवार थे। आगे चल रहे कंटेनर चालक ने अचानक ब्रेक लगाए, जिससे बस पीछे से उसमें जा घुसी। इस टक्कर में बस का अगला कांच टूट गया, लेकिन सभी यात्री सुरक्षित रहे।
नरसिंहपुर के तूमड़ा गांव में ग्रामीण की डंपर से मौत के बाद चक्काजाम मामले में पुलिस ने बुधवार रात कार्रवाई की है। घटना को लेकर कांग्रेस जिलाध्यक्ष सुनीता पटेल सहित 30 लोगों पर बीएनएस की धाराओं 126(2) और 191(2) के तहत एफआईआर दर्ज की गई है। यह चक्काजाम लगभग 12 घंटे तक चला, जिससे मार्ग बाधित रहा। पुलिस के अनुसार, घटना 23 मई को उदयपुरा मार्ग पर तूमड़ा गांव में हुई। एक युवक की रेत डंपर से दबकर मौत हो गई थी, जिसके बाद उसके परिजनों और ग्रामीणों ने सड़क जाम कर दिया। मौके पर पहुंचे पुलिस अधिकारियों ने प्रदर्शनकारियों को समझाने का प्रयास किया, लेकिन वे अपनी मांगों पर अड़े रहे। पुलिस और प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारी भी घटनास्थल पर मौजूद थे। करीब 12 घंटे की जाम से यात्री परेशान हुए थे प्रदर्शनकारी रेत कंपनी से 10 लाख रुपए मुआवजे और वरिष्ठ अधिकारियों को बुलाने की मांग कर रहे थे। चक्काजाम 23 मई की शाम 6:30 बजे से 24 मई की सुबह 6:30 बजे तक, यानी लगभग 12 घंटे तक जारी रहा। इस अवधि में स्टेट हाईवे पर बसों और मालवाहक वाहनों की आवाजाही पूरी तरह ठप हो गई। इससे यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ा और सड़क के दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं। एक यात्री की शिकायत के बाद कार्रवाई चक्काजाम के कारण भोपाल के टीला जमालपुरा थाना क्षेत्र के इंद्रानगर निवासी शराफत खान (40) ने साईंखेड़ा थाने में शिकायत दर्ज कराई। इसी शिकायत के आधार पर पुलिस ने प्रदर्शनकारियों की पहचान की और सड़क पर जबरन आवागमन रोकने सहित संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज किया। एफआईआर में कांग्रेस जिलाध्यक्ष सुनीता पटेल, उनके पति सुरेंद्र पटेल उर्फ मंझले भैया, प्रदेश सचिव जिनेश जैन, राजीव दुबे, सतीश सैनी, सालीचौका निवासी मनीष राय, लखन पटेल, साईंखेड़ा निवासी मोना तोमर, तूमड़ा निवासी रामबगस, मंजू, कमल, सुखराम, सरवन, अभिषेक के खिलाफ मामला दर्ज हुआ। इसके साथ ही केदार, हल्के, रज्जू मुन्नीबाई, राखी, बिल्लो हरिजन, कमलेश अग्रवाल, धन सिंह किरार, अशोक किरार, कृष्णा पटेल, भोला नौरिया, प्रहलाद पटेल, यशवंत बड़कुर, रोहित कुशवाहा, रघुनंदन पचौरी और मेहरागांव के आनंद राजपूत को नामजद किया गया है। इनके अलावा, 40-50 अन्य अज्ञात लोगों के खिलाफ भी मामला दर्ज किया गया है। ये खबर भी पढ़े… डंपर ने युवक को कुचला, मौके पर मौत: हाईवे पर शव रखकर 10 घंटे चक्काजाम नरसिंहपुर जिले में संसारखेड़ा रेत खदान के पास शनिवार शाम रेत से भरे तेज रफ्तार डंपर ने एक युवक को कुचल दिया। डंपर का टायर युवक के ऊपर से गुजर गया, जिससे उसकी हड्डियां चकनाचूर हो गईं। हादसे में युवक की मौके पर ही मौत हो गई। पढ़े पूरी खबर…
समस्तीपुर के एक होटल में बेगूसराय की लड़की के साथ रेप की कोशिश का मामला सामने आया है। बछवाड़ा की रहने वाली एक महिला ने दांत दर्द के इलाज का बहाना बनाकर साथ ले गई लड़की को एक युवक के हवाले कर दिया। दलसिंहसराय स्टेशन के पास स्थित एक होटल के कमरे में युवती के जबरदस्ती की कोशिश की गई। जब पीड़िता ने विरोध किया तो उसे नोटों की गड्डियों का लालच दिया गया। इस सनसनीखेज वारदात के बाद आक्रोश का माहौल है। मामला सामने आते ही पुलिस ने आरोपी महिला और एक युवक को गिरफ्तार कर लिया है। दूसरे आरोपी की तलाश चल रही है। बहाना बनाकर लड़की को साथ ले गई पीड़िता(18) को अंदाजा भी नहीं था कि उसकी पड़ोसन पिंकी देवी (36) के दिमाग में कितना घिनौना खेल चल रहा है। बीते 23 मई को पिंकी दर्द से कराहने का नाटक करते हुए लड़की के घर पहुंची। नानी से कहा कि दांत में तेज दर्द है, अकेले दलसिंहसराय डॉक्टर के यहां जाने में डर लग रहा है, अपनी नतिनी को साथ जाने दो। डॉक्टर को दिखाने के बहाने लड़की को दलसिंहसराय रेलवे स्टेशन के पास गुमटी नंबर 31-32 के पास एक होटल में ले गई। वहां पहले से सन्नी चौधरी और सूरज कुमार जाल बिछाकर बैठा था। कमरे में घुसते ही पिंकी ने उसे बहला-फुसलाकर कहा कि जितना पैसा लेना है ले लो। सन्नी और उसका दोस्त सूरज जो करना चाहते हैं, चुपचाप करने दो। शोर मचाने पर जान से मारने की धमकी दी गई लड़की जब तैयार नहीं हुई तो पिंकी देवी और सन्नी कुमार कमरे में उसे बंद कर बाहर निकल गए। कमरे के अंदर सूरज कुमार नाम के दरिंदे ने युवती को दबोच लिया। उसके साथ गंदी हरकतें(छेड़खानी) करने लगा। पीड़िता अपनी आबरू बचाने के लिए करीब 10 से 12 मिनट तक कालकोठरी में तड़पती और चीखती रही। उसके काफी चीखने पर दोनों गेट खोलकर अंदर आए और धमकाने लगे। इसके बाद आरोपियों ने करीब 1 घंटे तक पीड़िता को बंधक बनाकर रखा। धमकी दी कि मुंह खोला तो समाज में थू-थू होगी। डरी-सहमी पीड़िता जब घर लौटी, तो उसने रोते हुए अपनी नानी को इस पूरी कहानी सुनाई। आपबीती सुनकर जब नानी आरोपी पिंकी के घर पहुंची, तो पाप उजागर होने के डर से उसके पैरों में गिरकर माफी मांगने लगी। लेकिन पीड़िता की नानी ने कहा कि वह गांव में पंचायत बुलाएगी। डराने के लिए लड़की के घर में घुस गया पंचायत की बात सुनते ही एक आरोपी सन्नी चौधरी मंगलवार को अपनी बाइक से पीड़िता के घर में कट्टा लहराते हुए घुस गया। घर में घुसकर आरोपी सन्नी चौधरी ने तांडव मचाना शुरू कर दिया। गाली-गलौज करते हुए उसने धमकाया कि तुम लोग पुलिस के पास जाओगे या पंचायत बिठाओगी, तो याद रखना तुम पूरे खानदान को गोली मार दूंगा। मेरे ऊपर पहले से ही कई मर्डर और रंगदारी के केस चल रहे हैं, एक और हो जाएगा तो मेरा क्या उखड़ जाएगा। मैं यहां का डॉन हूं, जो चाहूंगा वही होगा। गुंडागर्दी और चीख-पुकार सुनकर ग्रामीणों की भीड़ जुटी और आरोपी को घेर लिया। मामले की सूचना बछवाड़ा थाना को दी गई तो पुलिस मौके पर पहुंची। जानकारी लेने के बाद सन्नी चौधरी और महिला पिंकी देवी को गिरफ्तार कर लिया। आसपास के लड़कियों को शिकार बनाती थी तीसरे आरोपी सूरज कुमार की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी चल रही है। पीड़िता की नानी के आवेदन पर पॉक्सो एक्ट सहित अन्य संगीन धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है। बताया जा रहा है कि पिंकी देवी का पति पटना में रहकर राजमिस्त्री का काम करता है। आसपास के गांव की लड़कियों को तरह-तरह का बहाना बनाकर दलसिंहसराय और समस्तीपुर ले जाती है। जहां बहला-फुसलाकर या जबरदस्ती गलत काम कराया जाता है।
सतना में गांजा की खेती करते आरोपी गिरफ्तार:चित्रकूट पुलिस ने 2.90 लाख रुपए के 28 पौधे किए जब्त
सतना जिले की चित्रकूट थाना पुलिस ने मोहकमगढ़ में गांजा की अवैध खेती का भंडाफोड़ किया है। पुलिस ने बुधवार को छापा मारकर 28 छोटे-बड़े गांजा के पौधे जब्त किए और एक आरोपी को गिरफ्तार किया। जब्त किए गए गांजा के पौधों का कुल वजन 29 किलो 500 ग्राम बताया गया है, जिसकी अनुमानित कीमत 2 लाख 90 हजार रुपए है। आरोपी के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है। टीआई जीएस बाजपेयी ने बताया कि नशे के खिलाफ चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली थी। इसी सूचना के आधार पर मोहकमगढ़ निवासी रामपाल पुत्र मईयादीन मवासी (55 वर्ष) के खेत में सर्चिंग की गई। सर्चिंग के दौरान खेत में गांजा के 28 पौधे लहलहाते पाए गए, जिन्हें तत्काल उखाड़कर जब्त कर लिया गया। आरोपी रामपाल मवासी को मौके से गिरफ्तार कर एनडीपीएस एक्ट की धारा 8/20 के तहत अपराध पंजीबद्ध किया गया है। पूछताछ के बाद आरोपी को न्यायालय में पेश कर जेल भेज दिया गया।
लखनऊ में बुधवार दोपहर एक प्रॉपर्टी डीलर की गोली मारकर हत्या कर दी गई। वह अपने ऑफिस के सामने मोबाइल से बात कर रहे थे। तभी बदमाश ने पास आकर उनकी कनपटी पर फायर कर दिया। आसपास के लोगों ने बेसुध प्रॉपर्टी डीलर को अपेक्स ट्रॉमा सेंटर में पहुंचाया, जहां उन्होंने दम तोड़ दिया। वारदात पीजीआई थानाक्षेत्र के कल्ली पश्चिम की है। दैनिक भास्कर को हत्या का एक्सक्लूसिव सीसीटीवी फुटेज मिला है। इसमें बदमाश प्रॉपर्टी डीलर को गोलियां मारते दिख रहा है। हत्या के बाद बदमाश अपने साथी के साथ बाइक से फरार हो गया। प्रॉपटी डीलर संदीप सिंह जौनपुर के रहने वाले थे। घटना की सूचना पर पहुंची पुलिस सीसीटीवी के जरिए बदमाशों की पहचान में जुटी है। वारदात की 3 तस्वीरें- अब पूरी घटना विस्तार से… संदीप सिंह (42) मूल रूप से जौनपुर के टकारी गांव के रहने वाले थे। वह वृंदावन योजना में कालिंदी पार्क के पास परिवार के साथ रहते हैं। कल्ली पश्चिम बाजार के यादव मार्केट में उनका प्रॉपर्टी डीलिंग का ऑफिस है। बुधवार दोपहर 12 से 12:30 बजे के बीच वह ड्राइवर प्रदीप सिंह के साथ अपने ऑफिस पहुंचे थे। बताया जा रहा है कि संदीप कार से उतरकर ऑफिस की ओर बढ़ ही रहे थे, तभी बाइक सवार 2 नकाबपोश बदमाश वहां पहुंचे। उन पर ताबड़तोड़ गोलियां बरसा दीं। गोली लगते ही संदीप घायल होकर गिर पड़े, तभी आरोपी बाइक से भाग निकले। बाइकसवार बदमाश ने हेलमेट पहन रखा था स्थानीय दुकानदारों के मुताबिक, हमला करने वाले बाइक सवार बदमाश काफी पेशेवर अंदाज में आए थे। बाइक चला रहा बदमाश हेलमेट लगाए हुए था। जबकि, पीछे बैठे हमलावर ने अपना मुंह सफेद गमछे से बांध रखा था। वारदात को अंजाम देते समय एक बदमाश अपाचे बाइक स्टार्ट किए हुए पहले से खड़ा हुआ था। संदीप को कई गोलियां मारने वाला दूसरा बदमाश दौड़ते हुए बाइक पर बैठा। जिसके बाद दोनों भाग निकले। संदीप सिंह के परिवार में पत्नी प्रीति सिंह (40), बेटा सार्थक सिंह (11) और बेटी शिवी (9) सिंह हैं। उनके बड़े भाई सतीश सिंह गांव में ही रहते हैं। पहली गोली लगते ही सड़क पर गिरे संदीप पुलिस को घटना की 50 सेकंड की CCTV फुटेज मिली है। इसमें दिख रहा कि प्रॉपर्टी डीलर संदीप कार से नीचे उतरने के बाद मोबाइल पर बात करते हुए आगे बढ़ते हैं। इस दौरान सफेद शर्ट और नीले जींस पहने बदमाश उनके पास आता है। उन पर ताबड़तोड़ फायरिंग शुरू कर देता है। पहली गोली सीने के पास लगते ही संदीप सड़क पर गिर पड़ते हैं। इसके बाद भी बदमाश उन पर लगातार फायरिंग करता रहता है। वह आखिरी गोली संदीप के सिर के पास मारता है। इसे लेकर पुलिस मान रही है कि बदमाश पेशेवर हो सकते हैं। डेढ़ साल पहले खोला प्रॉपर्टी डीलिंग का ऑफिस संदीप सिंह ने करीब डेढ़ साल पहले कल्ली पश्चिम बाजार स्थित यादव कॉम्प्लेक्स में पीएसएस बिल्डर्स प्राइवेट लिमिटेड के नाम से ऑफिस खोला था। ऑफिस में पांच कर्मचारी काम करते हैं। कंपनी के एक कर्मचारी ने बताया कि उनकी तीन साइटें चल रही हैं। एक मोहनलालगंज इलाके के डॉन बॉस्को स्कूल के पास, दूसरी मोहनलालगंज तहसील के पास और तीसरी कानपुर रोड पर अमौसी रेलवे स्टेशन के नजदीक है। कर्मचारियों के मुताबिक, संदीप सिंह बेहद मिलनसार और सरल स्वभाव के व्यक्ति थे। 21 अप्रैल को एक शादी में गांव गए थे जौनपुर में परिजनों ने बताया कि संदीप 2008 से लखनऊ में अपने बड़े पिता राजेंद्र प्रसाद सिंह के साथ रहने लगे थे। राजेंद्र सरकारी इंटर कॉलेज में प्रिंसिपल थे। यहीं रहकर संदीप ने प्रॉपर्टी डीलिंग का काम शुरू किया था। ग्रामीणों ने बताया कि बीते 21 अप्रैल को परिवार में एक शादी समारोह में संदीप गांव आए थे। उनके साथ उनके भतीजे-भतीजी लखनऊ आए थे। दो दिन पहले भतीजा श्रेयस और भतीजी छुट्टियां बिताकर गांव लौटे थे। ड्राइवर ने फोन कर दी जानकारी परिजनों के मुताबिक, दोपहर करीब एक बजे संदीप के ड्राइवर ने सतीश के मोबाइल पर फोन कर घटना की जानकारी दी। सूचना मिलते ही परिवार के लोग लखनऊ पहुंच गए। संदीप सिंह के पिता सुरेंद्र प्रताप सिंह का निधन छह साल पहले हो चुका था। उनकी माता मैना देवी का देहांत उससे पहले हो चुका था। दो भाइयों में संदीप दूसरे नंबर पर थे। बड़े भाई सतीश सिंह गांव में ही रहते हैं। परिजनों ने कुछ लोगों पर शक जताया पुलिस का कहना है कि परिजनों ने कुछ लोगों पर शक जताया है। उनके बारे में जानकारी जुटाई जा रही है। अब तक की जांच में संदीप सिंह का किसी से कोई पुराना बड़ा विवाद सामने नहीं आया है। उनकी साइटों पर किसी से कोई विवाद तो नहीं हुआ था, यह पता लगाने की कोशिश की जा रही। DCP साउथ अमित कुमार आनंद ने बताया- आज दोपहर लगभग 1 बजे संदीप सिंह को गोली मारने की सूचना प्राप्त हुई। सीसीटीवी फुटेज देखे गए हैं। संदीप को गोली मारने वाले बाइक सवार 2 युवक दिखे हैं। उनकी पत्नी प्रीति की शिकायत पर अज्ञात बदमाशों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है। पुलिस की 4 टीमें बदमाशों की तलाश में लगी हैं। 15 दिन से रेकी कर रहे थे बदमाश पुलिस इस हत्याकांड को सुपारी किलिंग और प्रॉपर्टी विवाद से जोड़कर जांच कर रही है। शुरुआती जांच में पता चला है कि शूटर्स पिछले करीब 15 दिनों से संदीप की रेकी कर रहे थे। उन्हें संदीप के घर से ऑफिस आने-जाने और रोजाना के रूटीन की पूरी जानकारी थी। परिजनों और ऑफिस के कर्मचारियों के मुताबिक, संदीप रोजाना करीब 12 बजे ऑफिस पहुंचते थे। घटना भी दोपहर 12 से 12:30 बजे के बीच हुई। ऐसे में पुलिस को शक है कि आरोपियों को उनके मूवमेंट की सटीक जानकारी दी जा रही थी। पुलिस इस एंगल पर भी जांच कर रही है कि कहीं किसी करीबी ने मुखबिरी तो नहीं की। मामा बोले- एयरपोर्ट के पास प्रॉपर्टी का विवाद था मृतक के मामा दिलीप सिंह ने बताया कि अमौसी एयरपोर्ट के पास ‘राजधानी’ नाम से एक बड़ा प्रोजेक्ट चल रहा था। इस प्रोजेक्ट में कई एकड़ जमीन शामिल थी, जिसे लेकर दिनेश यादव नाम के व्यक्ति से विवाद चल रहा था। इसके अलावा करीब पांच साल पहले काकोरी इलाके में भी एक प्रॉपर्टी को लेकर विवाद हुआ था। पुलिस अब संदीप के पुराने विवादों, जमीन के सौदों और कारोबारी रंजिश की फाइलें खंगाल रही है। किसान पथ के CCTV कैमरे बंद मिले वारदात के बाद पुलिस ने बदमाशों के भागने के रूट की जांच शुरू की। पुलिस को आशंका है कि शूटर्स किसान पथ की ओर भागे थे। जब पुलिस ने किसान पथ तक लगे CCTV कैमरे खंगाले, तो कई कैमरे बंद मिले। इससे पुलिस की जांच मुश्किल हो गई है। अब पुलिस आसपास की दुकानों, पेट्रोल पंप और निजी प्रतिष्ठानों के कैमरों की फुटेज खंगाल रही है। ------------------------- यह खबर भी पढ़िए- लखनऊ में बिजली विभाग के JE को कुत्ते से कटवाया:चोरी की जांच करने गई टीम को पटक-पटककर लात-घूंसों से पीटा...VIDEO लखनऊ में बिजली चोरी की जांच करने गई टीम पर हमला हो गया। हमलावरों ने टीम को दौड़ा-दौड़ाकर बेलचे से पीटा। जेई पर पालतू कुत्ता छोड़ दिया। कुत्ते ने उन्हें बुरी तरह से नोंचा। हमला में जेई समेत 5 बिजली कर्मी घायल हुए। उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया। घटना बुधवार शाम चार बजे जानकीपुरम में हुई। जेई अशोक कुमार ने मामले की पुलिस से शिकायत की है। इसके अलावा सआदतगंज इलाके में चौपटिया स्थित तंबाकू मंडी में भी बिजली चोरी रोकने गई टीम पर करीब 40 लोगों ने हमला कर दिया। (पूरी खबर पढ़िए)

