ये कैसी इंजीनियरिंग : छत्तीसगढ़ में बना 180 डिग्री का यू-टर्न आरओबी, ब्लाइंड स्पॉट पर दुर्घटना का डर
U turn ROB in Chhattisgarh: तैयार नक्शे के अनुसार रेलवे ट्रैक पार करते ही वाहनों को सीधा रास्ता मिलने के बजाय लगभग 180 डिग्री के हेयरपिन यू-टर्न से गुजरना पड़ेगा।
Bhadohi News: भदोही के ईंट भट्ठा व्यवसायी की छतीसगढ़ में सड़क हादसे में मौत
Brick kiln businessman from Bhadohi dies in a road accident in Chhattisgarh
अत्यंत भीषण चक्रवाती तूफान 'अर्नब' ने आंध्र प्रदेश और उसके आसपास के तटीय इलाकों में भारी तबाही मचाई है। बुधवार तड़के तटीय क्षेत्रों से टकराने के बाद इस चक्रवात ने जनजीवन को पूरी तरह अस्त-व्यस्त कर दिया है। तेज हवाओं, मूसलाधार बारिश, पेड़ और बिजली के खंभे उखड़ने तथा करंट लगने व दीवार ढहने जैसी हादसों के कारण कम से कम 5 लोगों की मौत हो चुकी है। तबाही के इस मंजर के बीच भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) और चक्रवात चेतावनी केंद्र ने राज्य के 13 जिलों और यनम क्षेत्र के लिए 'फ्लैश फ्लड' (अचानक आने वाली बाढ़) का मध्यम से उच्च जोखिम वाला अलर्ट जारी किया है। इस चेतावनी के दायरे में बापटला, गुंटूर, NTR, कृष्णा, एलुरु, पूर्वी गोदावरी, काकीनाडा, अल्लूरी सीताराम राजू, विशाखापत्तनम, विजयनगरम, अनाकापल्ली, पार्वतीपुरम मान्यम और पश्चिमी गोदावरी जिले शामिल हैं। चक्रवात 'अर्नब' से 5 लोगों की मौत, सड़कें क्षतिग्रस्त बुधवार तड़के चक्रवात 'अर्नब' आंध्र प्रदेश के तट से टकराया। इसके कारण भारी तबाही हुई—पेड़ और बिजली के खंभे उखड़ गए, सड़कें क्षतिग्रस्त हो गईं, और करंट लगने जैसी घटनाओं में 5 लोगों की मौत हो गई। सुबह 2 बजे से 8 बजे के बीच, 6 घंटे की अवधि में यह चक्रवात आंध्र प्रदेश और यनम के तटों से होकर गुजरा, जिससे कई इलाकों, खासकर तटीय जिलों में भारी बारिश हुई। अधिकारियों ने बताया कि एलुरु, पश्चिमी गोदावरी और विजयनगरम सहित 10 से अधिक जिलों के सैकड़ों गांवों पर चक्रवात की सबसे ज्यादा मार पड़ी है। कई इलाकों में 200 मिमी से अधिक बारिश दर्ज की गई, जिससे निचले इलाकों में पानी भर गया है। इसे भी पढ़ें: Cyclone Arnab के असर से Chhattisgarh में तेज बारिश, रायपुर समेत 12 जिलों में स्कूल बंद चक्रवात चेतावनी केंद्र ने अपने ताजा बुलेटिन में कहा, अत्यंत भीषण चक्रवाती तूफान 'अर्नब' के असर से कुछ जल क्षेत्रों (watersheds) और आसपास के इलाकों में मध्यम से भारी 'फ्लैश फ्लड' का खतरा है। केंद्र ने चेतावनी दी है कि जिन इलाकों की मिट्टी पहले से ही पूरी तरह गीली (saturated) है और जो निचले इलाके संवेदनशील माने जाते हैं, वहां सतह पर पानी बहने (surface runoff) और जलभराव की स्थिति पैदा हो सकती है। भारतीय मौसम विभाग (IMD) ने 29 अक्टूबर की सुबह 5:30 बजे से 30 अक्टूबर की सुबह 5:30 बजे तक आंध्र प्रदेश, ओडिशा और पश्चिम बंगाल के तटों के साथ-साथ उत्तरी तमिलनाडु के तट पर तूफानी मौसम का अनुमान जताया है। इस दौरान हवा की गति 50 किमी प्रति घंटा तक रह सकती है और झोंकों के साथ यह 60 किमी प्रति घंटा तक पहुंच सकती है। आंध्र प्रदेश में अत्यधिक भारी बारिश दर्ज की गई बुधवार सुबह 8:30 बजे तक के 24 घंटों में आंध्र प्रदेश में अत्यधिक भारी बारिश हुई, जबकि ओडिशा में बहुत भारी से लेकर अत्यधिक भारी बारिश दर्ज की गई। आंध्र प्रदेश के गरिबिडी में 26 सेमी बारिश हुई। इसके बाद अनाकापल्ली, श्रृंगवरपुकोटा, वेपाडा और चीपुरुपल्ले में 25-25 सेमी बारिश दर्ज की गई। इसे भी पढ़ें: Cyclone Arnab के असर से Andhra Pradesh के 13 जिलों में अचानक बाढ़ का अलर्ट जारी भीमुनिपटनम, मेंटाडा और येलामंचिली में 24-24 सेमी, जबकि गंट्याडा और रानास्थलम में 23-23 सेमी बारिश हुई। गजपतिनगरम, नेल्लीमेरला, विशाखापत्तनम और मेराकामुदिदाम में 22-22 सेमी, और चोडावरम तथा बोंडापल्ले में 21-21 सेमी बारिश दर्ज की गई। IMD ने गुरुवार, 29 अक्टूबर के लिए तटीय आंध्र प्रदेश और यनम के कुछ इलाकों में भारी बारिश का अनुमान जताया है। साथ ही, इन क्षेत्रों और रायलसीमा में आंधी-तूफान और बिजली गिरने की भी संभावना है। 30 अक्टूबर से 3 नवंबर तक तटीय आंध्र प्रदेश और यनम में आंधी-तूफान के साथ बिजली गिरने के आसार हैं। 1, 2 और 3 नवंबर को भी इन क्षेत्रों के कुछ हिस्सों में भारी बारिश का अनुमान है। 1 नवंबर तक 50 किमी प्रति घंटा की रफ्तार से तेज हवाएं चलने का भी पूर्वानुमान है। मुख्यमंत्री एन. चंद्रबाबू नायडू ने चक्रवात से हुए नुकसान की जानकारी देते हुए बताया कि करंट लगने और दीवार गिरने की घटनाओं में पांच लोगों की मौत हो गई है। हजारों हेक्टेयर में खड़ी फसलें, जिनमें धान भी शामिल है, बुरी तरह प्रभावित हुई हैं। इसे भी पढ़ें: केंद्रीय कर्मचारियों का DA 3 फीसदी बढ़ा, ओडिशा में चक्रवात Arnab से अलर्ट चंद्रबाबू नायडू ने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह को पत्र लिखकर चक्रवात से हुए नुकसान का आकलन करने के लिए एक केंद्रीय टीम भेजने का अनुरोध किया है। मौसम विभाग ने बताया कि इससे पहले, अत्यंत भीषण चक्रवाती तूफान 'अर्नब' आंध्र प्रदेश और यनम के तटों से तड़के 2 बजे से सुबह 8 बजे के बीच गुजरा, जिसके बाद यह कमजोर होकर एक भीषण चक्रवाती तूफान में बदल गया। Read Latest National News in Hindi only on Prabhasakshi
तूफान अर्नब के बाद बदलेगा मौसम, इन राज्यों में भारी बारिश का अलर्ट
भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD): देश के कई राज्यों में मौसम बदलने जा रहा साथ ही IMD की ओर से भारी बारिश का भी अलर्ट जारी हुआ है। 29 अक्टूबर को कई राज्यों में होगी बारिश | उत्तर प्रदेश (Uttar Pradesh), बिहार (Bihar), झारखंड (Jharkhand) और छत्तीसगढ़ (Chhattisgarh) में भारी बारिश हो सकती है। वहीं दिल्ली (Delhi), पंजाब (Punjab), हरियाणा (Haryana) और चंडीगढ़ (Chandigarh) में तेज आंधी चलने का अलर्ट है।CNBC-TV18 के अनुसार, यह चेतावनी चक्रवाती तूफान अर्नब (Cyclone Arnab) के कमजोर होने के बाद जारी की गई है। इस तूफान ने 28 अक्टूबर को आंध्र प्रदेश (Andhra Pradesh) के तट पर दस्तक दी थी।इन राज्यों में होगी जोरदार बारिशमौसम विभाग के मुताबिक, 29 अक्टूबर को पूर्वी उत्तर प्रदेश (East Uttar Pradesh), बिहार (Bihar) और झारखंड (Jharkhand) में कुछ जगहों पर भारी से बहुत भारी बारिश हो सकती है। छत्तीसगढ़ (Chhattisgarh) के उत्तरी इलाकों में भी तेज बारिश का अनुमान है।इसके अलावा ओडिशा (Odisha), विदर्भ (Vidarbha) और आंध्र प्रदेश (Andhra Pradesh) के तटीय इलाकों में भी भारी बारिश हो सकती है। पश्चिम बंगाल (West Bengal) और सिक्किम (Sikkim) में भी तेज बारिश की संभावना है। पूर्वी मध्य प्रदेश (East Madhya Pradesh) में भी बहुत भारी बारिश हो सकती है।दिल्ली समेत इन जगहों पर चलेगी तेज आंधीदिल्ली (Delhi), पंजाब (Punjab), हरियाणा (Haryana) और चंडीगढ़ (Chandigarh) में 29 और 30 अक्टूबर को तेज आंधी चलने की चेतावनी है। इस दौरान हवा की रफ्तार 50 से 60 किलोमीटर प्रति घंटा रह सकती है, जबकि झोंके 70 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकते हैं।पूर्वी और पश्चिमी उत्तर प्रदेश (Uttar Pradesh), पूर्वी राजस्थान (East Rajasthan), पूर्वी मध्य प्रदेश (Madhya Pradesh) और छत्तीसगढ़ (Chhattisgarh) में भी गरज-चमक और तेज हवाओं का अलर्ट है। यहां हवा की रफ्तार 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटा रह सकती है।तट से टकराने के बाद कमजोर पड़ा तूफानचक्रवाती तूफान अर्नब (Cyclone Arnab) ने 28 अक्टूबर को आंध्र प्रदेश (Andhra Pradesh) और यानम (Yanam) के तट पर दस्तक दी थी। उस समय हवा की रफ्तार 125 से 135 किलोमीटर प्रति घंटा थी और झोंके 150 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच गए थे। तट से टकराने के बाद तूफान धीरे-धीरे कमजोर हो गया।मछुआरों के लिए जरूरी चेतावनीमौसम विभाग ने मछुआरों को 28 और 29 अक्टूबर को समुद्र में न जाने की सलाह दी है। उत्तर-पश्चिमी बंगाल की खाड़ी (Northwest Bay of Bengal) और पश्चिम बंगाल (West Bengal) के तट के पास मौसम खराब रह सकता है। साथ ही पश्चिम-मध्य बंगाल की खाड़ी और आंध्र प्रदेश-ओडिशा (Andhra Pradesh-Odisha) के तटों के पास भी न जाने को कहा गया है।
Chhattisgarh Weather Alert: तूफान 'अर्नब' से भारी बारिश का खतरा, तेज हवाओं और आकाशीय बिजली का अलर्ट; कई जिलों में स्कूल बंद
Cyclone Arnab के असर से Chhattisgarh में तेज बारिश, रायपुर समेत 12 जिलों में स्कूल बंद
चक्रवात ‘अर्नब’ के प्रभाव से छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर समेत राज्य के कई जिलों में बुधवार को बारिश हुई और तेज हवाएं चलीं जिसके मद्देनजर प्रशासन ने एहतियातन बृहस्पतिवार को कई जिलों में स्कूल बंद रखने का आदेश दिया है। अधिकारियों ने यह जानकारी दी। यह चक्रवात बुधवार तड़के आंध्र प्रदेश के तट से होकर गुजरा। अधिकारियों के मुताबिक सुकमा, नारायणपुर, बीजापुर, दंतेवाड़ा और राजनांदगांव समेत राज्य के कई जिलों में बुधवार को स्कूल बंद रहे जबकि रायपुर, नारायणपुर, महासमुंद, बिलासपुर, राजनांदगांव, कांकेर, गौरेला-पेंड्रा-मरवाही, कबीरधाम, सारंगढ़-बिलाईगढ़, सूरजपुर, बलौदाबाजार-भाटापारा और धमतरी जिलों में बृहस्पतिवार को सभी सरकारी और निजी स्कूल बंद रहेंगे। रायपुर के जिलाधिकारी द्वारा जारी आदेश में कहा गया है कि भारतीय मौसम विज्ञान विभाग ने बंगाल की खाड़ी में बने चक्रवात ‘अर्नब’ को लेकर मौसम संबंधी चेतावनियां जारी की हैं। जिले में संभावित बारिश, तेज हवाओं और अन्य प्रतिकूल मौसमी परिस्थितियों को देखते हुए विद्यार्थियों तथा आम लोगों की सुरक्षा के लिए एहतियाती कदम उठाना आवश्यक है। आदेश के अनुसार, रायपुर जिले की सीमा में संचालित सभी सरकारी और निजी विद्यालयों, महाविद्यालयों तथा अन्य संबंधित शिक्षण संस्थानों में 29 अक्टूबर को अवकाश घोषित किया गया है। अधिकारियों ने बताया कि राज्य में अब तक खराब मौसम के कारण किसी तरह के नुकसान की सूचना नहीं मिली है। राज्य सरकार ने भारी से बहुत भारी बारिश की आशंका को देखते हुए सभी जिलों के जिलाधिकारियों को सतर्क रहने के निर्देश दिए हैं। साथ ही, जान-माल के नुकसान को रोकने के लिए राहत शिविरों को चौबीसों घंटे चालू रखने, चिकित्सा सेवाएं निर्बाध रूप से जारी रखने और पूरी सतर्कता बरतने को कहा गया है। सरकार ने किसानों के लिए मौसम आधारित कृषि परामर्श भी जारी किया है जिसमें चेतावनी दी गई है कि 28 अक्टूबर से एक नवंबर के बीच राज्य के कई हिस्सों में हल्की से लेकर बहुत भारी बारिश हो सकती है। मौसम विभाग के अनुसार, बृहस्पतिवार को बस्तर, बलरामपुर-रामानुजगंज, सूरजपुर, कोरिया और कोरबा समेत उत्तरी छत्तीसगढ़ के कुछ इलाकों में भारी से बहुत भारी बारिश होने का अनुमान है। इसके अलावा, राज्य के कई अन्य जिलों में हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना है जिसमें मनेंद्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर, गौरेला-पेंड्रा-मरवाही, सरगुजा, जशपुर, रायगढ़, सक्ती, सारंगढ़-बिलाईगढ़, बिलासपुर, मुंगेली, कबीरधाम, बेमेतरा, बलौदाबाजार-भाटापारा, महासमुंद, खैरागढ़-छुईखदान-गंडई, राजनांदगांव, मोहला-मानपुर-अंबागढ़ चौकी, बालोद, दुर्ग, धमतरी, गरियाबंद और रायपुर शामिल हैं। मौसम विभाग ने यह भी अनुमान जताया है कि 30 अक्टूबर से एक नवंबर के बीच राज्य के कुछ हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है। इस दौरान कुछ स्थानों पर आंधी-तूफान के साथ बिजली गिरने की भी आशंका है। मौसम विभाग ने किसानों को सलाह दी है कि वे धान, मक्का और तिलहन की पक चुकी फसलों की कटाई कर उन्हें सुरक्षित स्थानों पर रखें। किसानों से यह भी कहा गया है कि वे मौसम में सुधार होने तक गेहूं, चना और अन्य दलहनी फसलों जैसी रबी फसलों की बुवाई टाल दें।
छत्तीसगढ़ 12वीं बोर्ड: पुनर्मूल्यांकन के रिजल्ट हुए जारी, cgbse.nic.in पर करें चेक
Chhattisgarh CGBSE 12th Revaluation Result 2024: छत्तीसगढ़ बोर्ड ऑफ सेकेंडरी एजुकेशन(CGBSE) ने छत्तीसगढ़ कक्षा 12 बोर्ड परीक्षा 2024 के लिए पुनर्मूल्यांकन के रिजल्ट की घोषणा कर दी है। यहां देखें ड

