गोरखपुर में सोमवार को बिजली गुल रहेगी:कई इलाके रहेंगे प्रभावित, बक्शीपुर क्षेत्र में 5 घंटे तक कटौती
गोरखपुर के कई इलाकों के लोगों को सोमवार को बिजली कटौती का सामना करना पड़ेगा। बिजली विभाग ने रविवार रात करीब 9:00 बजे शटडाउन की सूचना जारी करते हुए बताया कि रोड चौड़ीकरण, बिजली लाइनों की शिफ्टिंग, भूमिगत केबल की टेस्टिंग और अनुरक्षण कार्य के कारण कई उपकेंद्रों से जुड़े फीडरों की विद्युत आपूर्ति निर्धारित समय तक बाधित रहेगी। विभाग ने उपभोक्ताओं से आवश्यक कार्य पहले ही निपटाने और पानी समेत जरूरी इंतजाम कर लेने की अपील की है। बक्शीपुर और बक्शीपुर न्यू उपकेंद्र से जुड़े दीवान बाजार, अलीनगर, जटाशंकर, मान चौराहा और बक्शीपुर 11 KV फीडरों की विद्युत आपूर्ति सोमवार को सुबह 11 बजे से शाम 4 बजे तक बाधित रहेगी। यहां रोड चौड़ीकरण के चलते बिजली लाइन शिफ्टिंग का कार्य किया जाएगा। चार प्रमुख फीडरों पर सुबह 9 से दोपहर 1 बजे तक रहेगा शटडाउन अधिशासी अभियंता सेकेंडरी वर्क्स के अनुसार रोड चौड़ीकरण और लाइन शिफ्टिंग के चलते इंडस्ट्रियल स्टेट उपकेंद्र के पश्चिमी जनप्रिय फीडर, दुर्गाबाड़ी उपकेंद्र के हनुमंत नगर फीडर, खोराबार उपकेंद्र के सूबा बाजार फीडर और खुटहन उपकेंद्र के नगर निकाय फीडर की बिजली सोमवार सुबह 9 बजे से दोपहर 1 बजे तक बंद रहेगी। इस दौरान संबंधित इलाकों में विद्युत आपूर्ति पूरी तरह प्रभावित रहेगी। शाहपुर के विष्णु मंदिर फीडर पर होगा अनुरक्षण कार्य शाहपुर उपकेंद्र से निकलने वाले 11 KV विष्णु मंदिर फीडर के अंतर्गत कलेसिया चर्च के पास भूमिगत केबल की टेस्टिंग और अन्य अनुरक्षण कार्य किया जाएगा। इसके कारण संबंधित क्षेत्रों में सुबह 10 बजे से दोपहर 2 बजे तक बिजली आपूर्ति बाधित रहेगी। पहले ही कर लें जरूरी तैयारियां बिजली विभाग ने कहा है कि शटडाउन के दौरान पेयजल आपूर्ति, घरेलू उपकरणों और अन्य जरूरी कार्य प्रभावित हो सकते हैं। ऐसे में उपभोक्ता समय रहते पानी की व्यवस्था और अन्य आवश्यक तैयारियां कर लें। किसी भी प्रकार की जानकारी या शिकायत के लिए विभाग के टोल फ्री नंबर 1912 पर संपर्क किया जा सकता है।
जहानाबाद में रविवार को पुलिस अधीक्षक कोटा किरण कुमार ने स्वयं सड़क पर उतरकर वाहन जांच अभियान का नेतृत्व किया। इस दौरान हेलमेट, बीमा, नंबर प्लेट और यातायात नियमों के पालन को लेकर सख्त कार्रवाई की गई। एसपी के नेतृत्व में चलाए गए इस विशेष अभियान में 50 से अधिक वाहनों की जांच की गई। बिना हेलमेट, वैध दस्तावेजों की कमी और बीमा नहीं होने पर कई वाहन चालकों के चालान काटे गए। पुलिस अधीक्षक ने स्पष्ट निर्देश दिए कि सभी वाहनों की नंबर प्लेट निर्धारित मानकों के अनुरूप होनी चाहिए। नंबर प्लेट पर किसी भी प्रकार का नाम, पद, प्रचार सामग्री या अन्य शब्द लिखना कानूनी अपराध है। उन्होंने जोर देकर कहा कि यह नियम पुलिस अधिकारियों, सरकारी पदाधिकारियों और आम नागरिकों सहित सभी पर समान रूप से लागू होता है। एसपी ने ट्रिपल लोडिंग और तेज रफ्तार पर भी सख्त रुख अपनाया। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि किसी वाहन पर तीन लोग सवार पाए जाते हैं, तो चालान के साथ-साथ कानूनी कार्रवाई करते हुए वाहन जब्त भी किया जा सकता है। उन्होंने चार पहिया वाहन चालकों से अनिवार्य रूप से सीट बेल्ट का उपयोग करने और निर्धारित गति सीमा के भीतर वाहन चलाने की अपील की। पुलिस अधीक्षक ने बताया कि यह अभियान जिले के विभिन्न चौक-चौराहों और प्रमुख मार्गों पर लगातार जारी रहेगा। उन्होंने लोगों से अपील की कि वाहन चलाते समय हेलमेट पहनें, सभी दस्तावेज दुरुस्त रखें और यातायात नियमों का पालन कर अपनी तथा दूसरों की सुरक्षा सुनिश्चित करें। फिलहाल, काटे गए चालानों की कुल राशि की जानकारी नहीं दी गई है।
बांका जिले के अमरपुर थाना क्षेत्र में रविवार की देर शाम हुई दोहरे हत्याकांड की घटना से पूरे इलाके में सनसनी फैल गई। रतनपुर मकदूम्मा पंचायत के बलिया गांव के समीप स्कॉर्पियो सवार अज्ञात बदमाशों ने बाइक सवार दो युवकों पर ताबड़तोड़ गोलियां बरसा दीं, जिससे दोनों की मौके पर ही मौत हो गई। वारदात को अंजाम देने के बाद अपराधी वाहन सहित फरार हो गए। मृतकों की पहचान अमरपुर थाना क्षेत्र के धर्मराय गांव निवासी जगदीश सिंह के पुत्र सिट्टू सिंह तथा अर्जुन सिंह के पुत्र गुंजन सिंह के रूप में हुई है। बताया जाता है कि दोनों युवक बाइक से कहीं जा रहे थे। इसी दौरान बलिया गांव के बाहर पहले से घात लगाए बैठे बदमाशों ने उनकी बाइक रोककर फायरिंग शुरू कर दी। गोली लगने से दोनों युवकों ने घटनास्थल पर ही दम तोड़ दिया। पूरे इलाके की घेराबंदी कर जांच शुरूघटना की सूचना मिलते ही पुलिस अधीक्षक अमितेश कुमार, बांका एसडीपीओ अमर विश्वास तथा अमरपुर थानाध्यक्ष राकेश कुमार पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे और घटनास्थल का निरीक्षण किया। पुलिस ने पूरे इलाके की घेराबंदी कर जांच शुरू कर दी है । वैज्ञानिक तरीके से साक्ष्य जुटाने के लिए फॉरेंसिक साइंस लैब (एफएसएल) की टीम को भी बुलाया गया।टीम ने क्राइम सीन का निरीक्षण कर आवश्यक नमूने एकत्र किए। पुलिस ने घटनास्थल से तीन खोखे बरामद किए हैं।प्रारंभिक जांच में हत्या के पीछे आपसी या पुरानी रंजिश सहित अन्य संभावित कारणों को ध्यान में रखकर जांच की जा रही है। गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रहीग्रामीणों ने बताया कि मृतक युवकों के साथ एक तीसरा युवक भी मौजूद था,जो घटना के बाद वहां से भाग गया। फिलहाल उसके संबंध में कोई स्पष्ट जानकारी नहीं मिल सकी है और पुलिस उसकी तलाश में जुटी है। बताया जा रहा है तीसरे युवक को भी गोली लगी है फिलहाल इसकी पुष्टि नहीं हो पाई है। पुलिस ने दोनों शवों का पंचनामा तैयार कर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। घटनास्थल से मिले साक्ष्यों के आधार पर पुलिस विभिन्न पहलुओं पर जांच आगे बढ़ा रही है। वहीं, पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर विशेष टीम का गठन कर अपराधियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है। पुलिस अधीक्षक अमितेश कुमार ने बताया कि सुनसान ग्रामीण सड़क पर दो युवकों की गोली मारकर हत्या की गई है। क्राइम सीन का वैज्ञानिक तरीके से परीक्षण कराया गया है और शवों की भी जांच की गई है। उन्होंने कहा कि पुलिस हर पहलू से मामले की गहन जांच कर रही है तथा जल्द ही घटना का खुलासा कर आरोपियों को गिरफ्तार करने का प्रयास किया जाएगा।
गोरखपुर में कानून-व्यवस्था को और अधिक मजबूत बनाने की दिशा में गोरखपुर पुलिस ने एक अहम पहल की है। राजघाट थाना क्षेत्र के हाबर्ट बंधा तिराहे पर बने आदर्श पुलिस बूथ का रविवार शाम 7:00 बजे एसपी सिटी निमिष पाटिल ने उद्घाटन किया। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि यह बूथ क्षेत्र में अपराध नियंत्रण के साथ-साथ आम लोगों को त्वरित पुलिस सहायता उपलब्ध कराने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। उद्घाटन के दौरान एसपी सिटी निमिष पाटिल ने कहा कि आदर्श पुलिस बूथ केवल पुलिस की मौजूदगी का प्रतीक नहीं, बल्कि जनता की सुरक्षा का भरोसेमंद केंद्र होगा। यहां से रात्रि गश्त की लगातार मॉनिटरिंग की जाएगी। साथ ही ट्रैफिक व्यवस्था पर नजर रखने, सड़क हादसों की सूचना मिलते ही तत्काल पुलिस टीम भेजने और संदिग्ध गतिविधियों पर निगरानी रखने का काम भी इसी बूथ से किया जाएगा। अपराधियों पर कसेगा शिकंजा पुलिस का मानना है कि शहर के प्रमुख तिराहे पर पुलिस की स्थायी तैनाती से अपराधियों की गतिविधियों पर प्रभावी नजर रखी जा सकेगी। इससे चोरी, लूट और अन्य आपराधिक घटनाओं पर अंकुश लगाने में मदद मिलेगी, जबकि क्षेत्र में आने-जाने वाले लोगों के मन में सुरक्षा का विश्वास और मजबूत होगा। पुलिस अधिकारियों के अनुसार किसी भी सड़क दुर्घटना, विवाद या अन्य आपात स्थिति की सूचना मिलने पर पुलिस टीम पहले से अधिक तेजी से मौके पर पहुंच सकेगी। इससे राहत और बचाव कार्य में भी तेजी आएगी और लोगों को बिना देरी के पुलिस सहायता मिल सकेगी। ‘सुरक्षा, सेवा और विश्वास’ की दिशा में नई पहल उद्घाटन समारोह में क्षेत्राधिकारी कोतवाली ओंकार दत्त तिवारी, राजघाट थाना प्रभारी गौरव कुमार वर्मा समेत कई पुलिस अधिकारी और कर्मचारी मौजूद रहे। अधिकारियों ने कहा कि आदर्श पुलिस बूथ पुलिस और जनता के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने के साथ-साथ सुरक्षित शहर की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम साबित होगा। इससे लोगों का पुलिस पर भरोसा और मजबूत होगा तथा अपराध नियंत्रण व्यवस्था को भी नई मजबूती मिलेगी।
गोरखपुर के सराफ व्यवसायी बाल कृष्ण सराफ को अंतिम विदाई:बेटों ने दी मुखाग्नि, CM योगी ने भी जताया शोक
गोरखपुर के प्रतिष्ठित सराफ व्यवसायी, समाजसेवी और धार्मिक गतिविधियों से जुड़े बाल कृष्ण सराफ को रविवार की शाम 4 बजे नम आंखों से अंतिम विदाई दी गई। सुबह गांधी गली स्थित उनके आवास पर अंतिम दर्शन के लिए लोगों का तांता लगा रहा। परिवार के सदस्यों, रिश्तेदारों, व्यापारियों, समाजसेवियों, विभिन्न संगठनों के प्रतिनिधियों और शुभचिंतकों ने पुष्प अर्पित कर उन्हें श्रद्धांजलि दी। इसके बाद “राम नाम सत्य है” के जयघोष के बीच उनकी अंतिम यात्रा राजघाट श्मशान घाट के लिए रवाना हुई। अंतिम यात्रा में उमड़ा जनसैलाब जैसे ही अंतिम यात्रा गांधी गली से आगे बढ़ी, बड़ी संख्या में लोग उसमें शामिल होते चले गए। व्यापारिक प्रतिष्ठान छोड़कर पहुंचे कारोबारी, सामाजिक संगठनों के पदाधिकारी, मित्र और स्थानीय लोगों ने पैदल चलकर उन्हें अंतिम विदाई दी। पूरे मार्ग पर माहौल गमगीन रहा और लोगों ने हाथ जोड़कर दिवंगत आत्मा को श्रद्धासुमन अर्पित किए। अंतिम यात्रा में शामिल हर व्यक्ति के चेहरे पर उनके निधन का दुख साफ दिखाई दे रहा था। राजघाट पर बेटों ने दी मुखाग्नि राजघाट श्मशान घाट पहुंचने के बाद वैदिक मंत्रोच्चार और धार्मिक रीति-रिवाजों के साथ बाल कृष्ण सराफ का अंतिम संस्कार संपन्न हुआ। उनके पुत्र अतुल सराफ और अनूप सराफ ने अपने पिता को मुखाग्नि दी। इस दौरान पूरा वातावरण भावुक हो गया और मौजूद लोगों ने दो मिनट का मौन रखकर दिवंगत आत्मा की शांति के लिए ईश्वर से प्रार्थना की। परिवार के सदस्यों को सांत्वना देने के लिए बड़ी संख्या में लोग अंतिम संस्कार स्थल पर मौजूद रहे। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भेजा शोक संदेश उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बाल कृष्ण सराफ के निधन पर गहरा शोक व्यक्त करते हुए उनके पुत्र अतुल सराफ के नाम शोक संदेश भेजा। मुख्यमंत्री ने अपने संदेश में कहा कि बाल कृष्ण सराफ एक प्रमुख सराफ व्यवसायी होने के साथ-साथ सामाजिक जीवन में भी सक्रिय भूमिका निभाते थे। उन्होंने लिखा कि वे विश्व हिंदू परिषद से जुड़े रहे, श्रीराम जन्मभूमि आंदोलन में आजीवन सहभागी रहे और श्री गोरक्षपीठ के अनन्य भक्त थे। मुख्यमंत्री ने उनके निधन को व्यापार जगत ही नहीं, बल्कि सामाजिक संगठनों के लिए भी अपूरणीय क्षति बताया। उन्होंने महायोगी गुरु गोरखनाथ से दिवंगत आत्मा की चिरशांति तथा शोक संतप्त परिवार को इस दुख को सहन करने की शक्ति देने की प्रार्थना की। व्यापार और समाज सेवा दोनों में बनाई अलग पहचानबाल कृष्ण सराफ ने व्यापारिक क्षेत्र के साथ-साथ सामाजिक और धार्मिक कार्यों में भी सक्रिय भूमिका निभाई। वे अपने सरल व्यवहार, मिलनसार व्यक्तित्व और सेवा भावना के कारण शहर में विशेष सम्मान रखते थे। समाज के हर वर्ग के लोगों से उनका आत्मीय संबंध था। जरूरतमंदों की मदद करना और सामाजिक आयोजनों में बढ़-चढ़कर हिस्सा लेना उनकी पहचान थी। इसी कारण उनके निधन की खबर मिलते ही शहर के विभिन्न वर्गों में शोक की लहर दौड़ गई।हर जुबान पर रही उनकी सादगी और सेवा की चर्चाअंतिम यात्रा और अंतिम संस्कार में मौजूद लोगों ने बाल कृष्ण सराफ को याद करते हुए कहा कि उन्होंने अपने व्यवहार, ईमानदारी और समाज के प्रति समर्पण से लोगों के दिलों में खास जगह बनाई थी। लोगों ने कहा कि उनका जाना केवल सराफ परिवार ही नहीं, बल्कि पूरे गोरखपुर के लिए एक अपूरणीय क्षति है। उनकी अंतिम यात्रा में उमड़ी भीड़ इस बात का प्रमाण रही कि उन्होंने अपने जीवन में लोगों का अपार स्नेह, सम्मान और विश्वास अर्जित किया था।
गरियाबंद जिले के कोपरा में एक दुखद घटना सामने आई है। यहां घर के बाहर खेल रहे दो मासूम भाई-बहन की कचरा फेंकने के लिए बने गड्ढे (घुरवा) में डूबने से मौत हो गई। लगातार बारिश के कारण गड्ढे में 10 से 12 फीट तक पानी भरा हुआ था। जानकारी के अनुसार, नगर पंचायत कोपरा के तर्रा रोड निवासी बिसेलाल साहू के पोते योगेश साहू (6 साल) और पोती सुमन साहू (5 साल) बारिश रुकने के बाद घर के बाहर खेल रहे थे। इसी दौरान घर से सटे घुरवा गड्ढे में वे डूबे हुए मिले। आशंका जताई जा रही है कि खेलते समय उनका पैर फिसल गया और वे गहरे पानी में डूब गए। लगातार बारिश के चलते गड्ढे में करीब 10 से 12 फीट पानी भरा हुआ था, जिससे दोनों बच्चे बाहर नहीं निकल सके। जब काफी देर तक बच्चे घर नहीं लौटे तो परिजनों और ग्रामीणों ने उनकी तलाश शुरू की। खोजबीन के दौरान दोनों बच्चों को घुरवा गड्ढे में पाया गया। ग्रामीणों ने तत्काल उन्हें बाहर निकाला, लेकिन तब तक उनकी मौत हो चुकी थी। इस हृदयविदारक घटना के बाद पूरे गांव में मातम पसरा हुआ है और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। सूचना मिलते ही पांडुका पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने पंचनामा कार्रवाई के बाद दोनों शवों को पोस्टमार्टम के लिए जिला मुख्यालय भेज दिया है और मामले की जांच शुरू कर दी है।
लखनऊ में श्रीमद्भगवद्गीता व्याख्यानमाला का आयोजन:महामना मालवीय मिशन में 'जीवन की सफलता' पर हुई चर्चा
लखनऊ के गोमतीनगर स्थित महामना मालवीय मिशन के मालवीय सभागार में रविवार को श्रीमद्भगवद्गीता व्याख्यानमाला का आयोजन किया गया। यह आयोजन श्रीमद्भगवद्गीता समिति एवं महामना मालवीय मिशन के सहयोग से 'गीता की दृष्टि में जीवन की सफलता एवं सार्थकता' विषय पर केंद्रित था। इसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं, बुद्धिजीवियों और सामाजिक कार्यकर्ताओं ने भाग लिया। व्याख्यानमाला के मुख्य वक्ता गीता चिंतक कृष्ण कांत ने अपने संबोधन में कहा कि व्यक्ति का वर्तमान उसके अतीत के निर्णयों का परिणाम होता है। उन्होंने श्रीमद्भगवद्गीता को केवल एक धार्मिक ग्रंथ नहीं, बल्कि जीवन को सही दिशा देने वाला एक कालजयी मार्गदर्शक बताया। गीता मनुष्य को वास्तविक उद्देश्य की ओर प्रेरित करती है कृष्ण कांत ने आगे कहा कि गीता मनुष्य को कर्तव्य, आत्मबोध और जीवन की सार्थकता का बोध कराती है। उनके अनुसार, जीव से जगदीश तक की यात्रा का सबसे श्रेष्ठ माध्यम श्रीमद्भगवद्गीता है, जो व्यक्ति को आत्मिक उन्नति और जीवन के वास्तविक उद्देश्य की ओर प्रेरित करती है। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि सेवानिवृत्त पुलिस महानिदेशक भानु प्रताप सिंह ने गीता के संदेशों की वर्तमान प्रासंगिकता पर जोर दिया। उन्होंने युवाओं से गीता के सिद्धांतों को अपने जीवन में अपनाने का आह्वान किया। विशिष्ट अतिथि महामना मालवीय मिशन के संरक्षक प्रभु नारायण श्रीवास्तव ने गीता को भारतीय संस्कृति और जीवन दर्शन की अमूल्य धरोहर बताया। सैकड़ों श्रद्धालुओं ने व्याख्यानमाला में भाग लिया श्रीमद्भगवद्गीता समिति के अध्यक्ष कैलाश शर्मा ने स्वागत उद्बोधन दिया, जबकि प्रो. केशरी प्रसाद शुक्ल ने विषय की प्रस्तावना प्रस्तुत की। कार्यक्रम का संचालन गीता समिति के सचिव कृष्णानंद उपाध्याय ने किया। इस अवसर पर महामना मालवीय मिशन के अध्यक्ष डॉ. ए.के ठक्कर और महासचिव देवेंद्र स्वरूप शुक्ला सहित मिशन के पदाधिकारी, सदस्य तथा सैकड़ों श्रद्धालुओं ने व्याख्यानमाला में भाग लिया। पूरे कार्यक्रम के दौरान आध्यात्मिक चिंतन, ज्ञान और जीवन मूल्यों पर गंभीर विमर्श का वातावरण बना रहा।
विप्र सेना राजस्थान की संगठनात्मक कोर कमेटी की बैठक में संगठन की मजबूती, विस्तार और भविष्य की कार्ययोजना पर विस्तृत चर्चा की गई। बैठक में वक्ताओं ने कहा कि किसी भी संगठन की वास्तविक शक्ति अनुशासन, समर्पण और सामूहिक चिंतन में निहित होती है। संगठन के पांच वर्ष पूरे होने के अवसर पर कई महत्वपूर्ण निर्णय भी लिए गए, जिनका उद्देश्य आगामी समय में संगठनात्मक गतिविधियों को और प्रभावी बनाना है। विप्र सेना राजस्थान की प्रदेश कोर कमेटी और संभाग स्तरीय प्रमुख पदाधिकारियों की बहुप्रतीक्षित संगठनात्मक कोर कमेठी बैठक रविवार को हुई। बैठक जयपुर स्थित फोर्टे रेस्टोरेंट, महल रोड पर संपन्न हुई। इस विशेष चिंतन-सत्र में प्रदेशभर से वरिष्ठ पदाधिकारी, जिला अध्यक्ष, महिला एवं युवा प्रकोष्ठ के प्रतिनिधि और विभिन्न प्रकोष्ठों के दायित्ववान कार्यकर्ताओं ने भाग लिया। कार्यक्रम का शुभारंभ भगवान परशुराम के चित्र पर माल्यार्पण और दीप प्रज्ज्वलन के साथ हुआ। धर्मनिष्ठ प्रकोष्ठ के प्रदेश संयोजक पं. मनीष शर्मा के संयोजन में मंगलाचरण सम्पन्न हुआ। कार्यक्रम को पं. रोहित नगर महाराज (कामखेड़ा सरकार) के सान्निध्य एवं प्रेरक आशीर्वचनों का विशेष लाभ मिला। अनुशासन, समर्पण और सामूहिक चिंतन में होती है संगठन की शक्ति पं. रोहित नगर महाराज ने कहा कि जो संगठन सेवा, संस्कार और समाजहित को अपना ध्येय बनाता है, वही समाज में स्थायी परिवर्तन का माध्यम बनता है। संगठन की शक्ति उसके अनुशासन, समर्पण और सामूहिक चिंतन में निहित होती है। विप्र सेना की पांच वर्षों की संगठनात्मक यात्रा का किया जिक्र कार्यकारी प्रदेश अध्यक्ष दिनेश दादिया ने विप्र सेना की पांच वर्षों की संगठनात्मक यात्रा का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि संगठन ने सीमित संसाधनों के बावजूद समाज सेवा, सामाजिक समन्वय, युवा जागरण और संगठन विस्तार के क्षेत्र में उल्लेखनीय कार्य किए हैं। उन्होंने आगामी पांच सालों के लिए संगठन के पुनर्गठन, संविधान निर्माण, प्रशिक्षण व्यवस्था, डिजिटल सदस्यता अभियान और सेवा आधारित कार्यक्रमों की विस्तृत कार्ययोजना प्रस्तुत की। समाज में सकारात्मक परिवर्तन का सशक्त माध्यम है विप्र सेना प्रदेश अध्यक्ष दिनेश शर्मा ने कहा कि विप्र सेना अब केवल एक संगठन नहीं, बल्कि समाज में सकारात्मक परिवर्तन का सशक्त माध्यम बन चुकी है। उन्होंने संगठन के प्रत्येक पदाधिकारी से अनुशासन, समर्पण और टीम भावना के साथ कार्य करने का आह्वान किया और कहा कि आने वाला समय संगठन की नई पहचान का समय होगा। संगठनात्मक कार्यशैली पूरे देश के लिए बन सकती है प्रेरणा राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. सर्वेश शरण जोशी ने विप्र सेना की राष्ट्रीय स्तर पर बढ़ती स्वीकार्यता को लेकर कहा कि राजस्थान की संगठनात्मक कार्यशैली पूरे देश के लिए प्रेरणा बन सकती है। उन्होंने विप्र हेल्थ केयर फेडरेशन ऑफ इंडिया के विस्तार, चिकित्सा सेवा प्रकल्पों और सामाजिक सेवा के नए आयामों पर विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने कहा कि समाज के प्रत्येक वर्ग तक सेवा पहुंचाना ही संगठन का सर्वोच्च उद्देश्य होना चाहिए। युवाओं को बताया संगठन की सबसे बड़ी शक्ति बैठक के युवा सत्र में प्रदेश कार्यकारी अध्यक्ष नरेश मेहता ने अक्टूबर में प्रस्तावित प्रदेश युवा अधिवेशन की तैयारियों की जानकारी देते हुए प्रत्येक जिले से युवा नेतृत्व तैयार करने का आह्वान किया। राष्ट्रीय युवा अध्यक्ष रवि जोशी ने राष्ट्रीय स्तर पर युवा विस्तार, प्रवास योजना एवं विधि प्रकोष्ठ के गठन की रूपरेखा प्रस्तुत करते हुए युवाओं को संगठन की सबसे बड़ी शक्ति बताया। महिला प्रकोष्ठ के विशेष सत्र में प्रदेश अध्यक्ष पूनम आचार्य ने प्रस्तावित महिला अधिवेशन, महिला संगठन विस्तार एवं महिला नेतृत्व विकास की योजनाओं की घोषणा की। राष्ट्रीय उपाध्यक्ष ज्योति आशीर्वाद, डॉ. मेघना शर्मा, मधु शर्मा और राष्ट्रीय कार्यकारिणी सदस्य प्रियंका शर्मा ने महिला सशक्तिकरण एवं समाज निर्माण में महिलाओं की भूमिका पर विचार साझा किए। प्रदेश संयोजक वीरेंद्र शर्मा ने एकल महिला पेंशन योजना के माध्यम से समाज सेवा के नए आयाम प्रस्तुत किए। युवाओं को समाज परिवर्तन का वाहक बनने का किया आह्वान अंतिम सत्र में विप्र सेना प्रमुख श्री सुनील तिवाड़ी ने संगठन की दीर्घकालीन कार्यदृष्टि प्रस्तुत करते हुए कहा कि आने वाले वर्षों में विप्र सेना को सेवा, संस्कार, संगठन और सामाजिक नेतृत्व का आदर्श बनाना ही सभी कार्यकर्ताओं का लक्ष्य होना चाहिए। उन्होंने संगठन की एकजुटता और निरंतर संवाद को संगठन की सबसे बड़ी शक्ति बताया। जयपुर जिला अध्यक्ष अजीत जोशी एवं अश्विनी शर्मा ने युवाओं को समाज परिवर्तन का वाहक बनने का आह्वान किया। बैठक के समापन पर सभी उपस्थित पदाधिकारियों ने संगठन संकल्प-2026 को सामूहिक रूप से स्वीकार करते हुए प्रदेश के प्रत्येक जिले, विधानसभा, नगर, ग्रामएवं वार्ड तक संगठन का विस्तार करने, प्रत्येक जिले में महिला एवं युवा प्रकोष्ठ को सशक्त बनाने, संगठन का संविधान तैयार करने, डिजिटल सदस्यता अभियान प्रारंभ करने, नियमित प्रशिक्षण व्यवस्था लागू करने और सेवा एवं संस्कार आधारित कार्यक्रमों को समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाने का संकल्प लिया। बैठक में यह भी निर्णय लिया गया कि आगामी समय में प्रदेश युवा अधिवेशन , महिला अधिवेशन, प्रदेश वरिष्ठ चिंतन अधिवेशन, ब्रह्म चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज़ का प्रदेश अधिवेशन और संभाग स्तरीय विप्र जागृति रथ यात्रा सहित कई महत्वपूर्ण कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। पूरे कार्यक्रम के दौरान उपस्थित पदाधिकारियों में संगठन के प्रति विशेष उत्साह, आत्मविश्वास एवं समर्पण का भाव दिखाई दिया। सभी वक्ताओं ने एक स्वर में कहा कि विप्र सेना का आगामी चरण केवल संगठन विस्तार का नहीं, बल्कि समाज के प्रत्येक वर्ग तक सेवा, संस्कार और सामाजिक नेतृत्व की नई पहचान स्थापित करने का होगा। जिला संगठन सुझाव सत्र में दीपक सुल्तानिया, सुनील पीढ़ी, योगेश व्यास, जोगेंद्र राजपुरोहित, दिनेश गौड़,अमित त्रिवेदी, सुरेश पारीक और अजयकांत शर्मा ने अपने-अपने सुझाव रखते हुए जिला एवं संभाग स्तर पर संगठन विस्तार, जागृति रथ यात्रा, पथ संचलन, जिला अधिवेशन और नियमित प्रशिक्षण कार्यक्रमों पर विस्तार से चर्चा की। इस अवसर पर प्रदेश के पदाधिकारी एवं सभी जिलाध्यक्ष उपस्थित रहे।
सिरसा जिले के रानियां के नानुआना रोड स्थित खेल स्टेडियम में आज देर शाम नशे की ओवरडोज से एक 19 वर्षीय युवक की मौत हो गई। युवक अपनी मां के साथ रानियां में अपने मामा के घर आया हुआ था। मामले की सूचना पाकर मौके पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम के लिए सामान्य अस्पताल में भिजवाया और परिजनों से पूछताछ की। मेडिकल स्टोर से खरीदा था नशा पुलिस के अनुसार, युवक ने रास्ते में एक मेडिकल स्टोर से नशा खरीदा था। खेल स्टेडियम को खाली देखकर उसने वहीं पर नशे का सेवन किया, जिसके बाद उसकी हालत बिगड़ गई और उसकी मौत हो गई। मृतक की पहचान सिकंदर सिंह (19) पुत्र सतपाल के रूप में हुई है, जो ढाणी ख्योवाली का रहने वाला था। मामले की जांच में जुटी पुलिस बताया जा रहा है कि सिकंदर पिछले दो से तीन वर्षों से मेडिकल नशे का आदी था। वह अपनी मां के साथ रानियां के वार्ड नंबर-7 में अपने मामा के घर ठहरा हुआ था। सिकंदर राय सिख समुदाय से संबंध रखता था। रानियां थाना पुलिस मामले की जांच कर रही है और आवश्यक कार्रवाई की जा रही है।
सरकार ने प्रदेश में समान नागरिक संहिता (यूसीसी) कानून बनाने के संबंध में आयोजित जनसुनवाई में विभिन्न राजनीतिक दलों को आमंत्रित किया हैं। लेकिन कांग्रेस ने मुख्य सचिव को पत्र लिखकर इस जनसुनवाई का बहिष्कार करने की बात कही हैं। पीसीसी अध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा द्वारा लिखे गए इस पत्र में उन्होने कहा कि सरकार ने अभी तक ना तो इस कानून का कोई मसौदा (ड्राफ्ट) तैयार किया है और ना ही सुझाव और आक्षेप आमंत्रित करने के लिए उसे किसी पोर्टल अथवा अन्य माध्यम से सार्वजनिक किया है। जबकि मसौदा सार्वजनिक किया जाना लोकतांत्रिक प्रक्रिया का आवश्यक हिस्सा होता है। लेकिन सरकार बिना किसी मसौदे अथवा ड्राफ्ट को सार्वजनिक किए समाज में जनसुनवाई के बहाने एक अनुचित बहस प्रारंभ करना चाहती है, जो प्रदेश के सामाजिक समरसता के ताने बाने पर सीधा प्रहार है और सामाजिक सौहार्द को बिगाड़ने वाला कदम है। इस प्रकार की बहस से विभिन्न धर्मों, जातियों एवं जनजातियों के मध्य अपने अधिकारों, परंपराओं एवं रीति-रिवाजों को लेकर गंभीर आशंकाएं उत्पन्न हो रही हैं। इस प्रकार की जनसुनवाई से समाज के विभित्र वर्गों के मध्य वैमनस्यता की भावना उत्पन्न होने की आशंका है। कांग्रेस पार्टी ऐसी किसी भी बहस का स्पष्ट रूप से विरोध करती है, जिससे प्रदेशा की सामाजिक समरसता एवं सौहार्द प्रभावित होता हो। जनसुनवाई का कोई कानूनी अधिकार नहींडोटासरा ने कहा कि इस प्रकार की बहस से अलग-अलग धर्मों, जातियों एवं जनजातियों के मध्य अपने अधिकारों, परंपराओं एवं रीति-रिवाजों को लेकर गंभीर आशंकाएं उत्पन्न हो रही हैं। इस प्रकार की जनसुनवाई से समाज के विभित्र वर्गों के मध्य वैमनस्यता की भावना उत्पन्न होने की आशंका है। कांग्रेस पार्टी ऐसी किसी भी बहस का स्पष्ट रूप से विरोध करती है, जिससे प्रदेश की सामाजिक समरसता एवं सौहार्द प्रभावित होता हो। सामाजिक सौहार्द को प्रभावित करने वाली और बिना किसी मसौदे के आयोजित की जा रही, इस अर्थहीन जनसुनवाई का कोई कानूनी अधिकार नहीं है। सरकार आमजन के हर मुद्दे पर फेलपीसीसी चीफ गोविंद सिंह डोटासरा ने कहा कि वर्तमान में प्रदेश की चिकित्सा व्यवस्था बदहाल हो चुकी है। आमजन को न समय पर उपचार मिल रहा है और न ही आवश्यक दवाइयां उपलब्ध हो रही है। इसी प्रकार प्रदेश की शिक्षा व्यवस्था भी रसातल में पहुंच चुकी है। स्कूल भवन जर्जर हो रहे हैं, शिक्षकों के पद रिक्त है और विद्यार्थियों को मूलभूत सुविधाएं तक उपलब्ध नहीं नहीं है। प्रदेश की कानून व्यवस्था पूरी तरह चरमराई हुई है। महिलाओं और बच्चियों के साथ दुराचार की घटनाएं प्रदेश को शर्मसार कर रही है। उन्होने मुख्य सचिव से अपील करते हुए कहा कि वे इस जनसुनवाई के आदेश को तत्काल प्रभाव से वापस लें।
लखनऊ के ला मार्टिनियर गर्ल्स कॉलेज में आयोजित मॉडल यूनाइटेड नेशंस (एलएमजीएमयूएन-2026) के 11वें संस्करण का रविवार को समापन हो गया। तीन दिवसीय इस अंतरराष्ट्रीय शैक्षणिक आयोजन के अंतिम दिन छात्रों ने वैश्विक मुद्दों पर प्रभावशाली बहस की। सम्मेलन में दो दिनों तक गहन चर्चाएं हुईं, जो छठे और सातवें समिति सत्रों के साथ समाप्त हुईं। इसमें देशभर के 35 प्रतिष्ठित विद्यालयों से 340 से अधिक प्रतिनिधियों ने भाग लिया। छात्रों ने अंतरराष्ट्रीय चुनौतियों और समसामयिक विषयों पर अपने दृष्टिकोण प्रस्तुत किए। बाहरी राज्यों से आए छात्रों की सक्रिय भागीदारी ने कार्यक्रम को और समृद्ध बनाया। जिज्ञासु बने रहने और लगातार सवाल पूछने के लिए प्रेरित किया समापन समारोह फरीदा अब्राहम मेमोरियल ऑडिटोरियम में आयोजित किया गया। वरिष्ठ पत्रकार श्रेया धौंडियाल मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित थीं। दो दशक से अधिक के पत्रकारिता अनुभव वाली श्रेया धौंडियाल ने युवाओं को जिज्ञासु बने रहने और लगातार सवाल पूछने के लिए प्रेरित किया। अपने संबोधन में उन्होंने कहा, कल एक उपहार है, लेकिन इसकी कोई गारंटी नहीं है। उन्होंने अपने पत्रकारिता जीवन के अनुभव साझा करते हुए जिज्ञासा, विनम्रता और संवेदनशीलता को सफलता का मूल मंत्र बताया। उनका संबोधन सम्मेलन के मूल उद्देश्य—संवाद, समझ और वैश्विक दृष्टिकोण—को सार्थक रूप से दर्शाता था। दिल्ली के मॉडर्न स्कूल 'बेस्ट स्कूल डेलिगेशन अवॉर्ड' से सम्मानित किया गया कार्यक्रम के दौरान एक विशेष वीडियो प्रस्तुति ने सभागार में उत्साह भर दिया। इसके बाद कॉलेज की प्रिंसिपल ए. दास ने एमयूएन समन्वयक अंजना अंबिली सहित सभी शिक्षकों और छात्र-छात्राओं का आभार व्यक्त किया, जिन्होंने आयोजन को सफल बनाया। सम्मेलन में उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए दिल्ली के मॉडर्न स्कूल, बाराखंभा रोड को 'बेस्ट स्कूल डेलिगेशन अवॉर्ड' से सम्मानित किया गया। इस तीन दिवसीय आयोजन ने एक बार फिर साबित किया कि युवा पीढ़ी वैश्विक मुद्दों पर गंभीर और सार्थक विमर्श करने के लिए तैयार है।
खगड़िया में कोसी स्नातक निर्वाचन क्षेत्र बिहार विधान परिषद चुनाव-2026 के मद्देनजर रविवार को खगड़िया जिला मुख्यालय स्थित केएन क्लब में एक जिला स्तरीय स्नातक मतदाता संवाद कार्यक्रम आयोजित किया गया। आयोजकों के अनुसार, इस कार्यक्रम में जिले के विभिन्न प्रखंडों से लगभग पांच हजार स्नातक मतदाता शामिल हुए। इसे कोसी स्नातक निर्वाचन क्षेत्र के 74 वर्षों के इतिहास में पहली बार आयोजित ऐसा संवाद कार्यक्रम बताया गया है। कार्यक्रम में पहुंचते ही हुआ भव्य स्वागत कार्यक्रम स्थल पर पहुंचते ही संभावित एमएलसी प्रत्याशी रजनीश रंजन (कोसी पुत्र) का समर्थकों ने भव्य स्वागत किया। बड़ी संख्या में उपस्थित स्नातक मतदाताओं को संबोधित करते हुए रजनीश रंजन ने कहा कि यदि उन्हें कोसी स्नातक निर्वाचन क्षेत्र की जनता का समर्थन मिला, तो वे विधान परिषद में स्नातकों, शिक्षकों, अधिवक्ताओं, पत्रकारों और बेरोजगार युवाओं के हितों की आवाज मजबूती से उठाएंगे। 'सात निश्चय' के जरिए रखीं अपनी प्राथमिकताएं उन्होंने अपने 'सात निश्चय' का उल्लेख करते हुए बताया कि उनकी पहली प्राथमिकता शिक्षित बेरोजगार युवाओं को स्वरोजगार के लिए 5 लाख रुपये तक का ब्याजमुक्त ऋण उपलब्ध कराना होगी। इसके अतिरिक्त, उन्होंने 'एक पाठ्यक्रम-एक वेतनमान' लागू करने, वित्तरहित शिक्षा व्यवस्था की समस्या समाप्त करने, सभी स्नातकों के लिए जीवन सुरक्षा बीमा तथा शिक्षकों, अधिवक्ताओं, पत्रकारों, संविदाकर्मियों एवं बेरोजगार स्नातकों के लिए कैशलेस स्वास्थ्य सुविधा प्रदान करने का भी वादा किया। पुस्तकालय, हेल्थ सेंटर और भत्ते का भी किया जिक्र रजनीश रंजन ने अधिवक्ताओं के लिए हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर की स्थापना, जिला, अनुमंडल एवं प्रखंड स्तर पर आधुनिक पुस्तकालय और ई-लाइब्रेरी की स्थापना तथा बेरोजगार स्नातकों के लिए मासिक भत्ता लागू कराने को भी अपनी प्राथमिकताओं में शामिल बताया। रोजगार और पलायन जैसे मुद्दों पर पूछे गए सवाल संवाद कार्यक्रम के दौरान स्नातक मतदाताओं ने रोजगार, पलायन, शिक्षा, स्वास्थ्य और जनसरोकारों से जुड़े कई प्रश्न पूछे। रजनीश रंजन ने सभी सवालों का विस्तार से जवाब देते हुए कहा कि युवाओं का पलायन रोकने के लिए स्थानीय स्तर पर रोजगार और स्वरोजगार के अवसर बढ़ाने की दिशा में सरकार पर लगातार दबाव बनाया जाएगा। उन्होंने जोर दिया कि स्नातक निर्वाचन क्षेत्र के प्रतिनिधि की भूमिका केवल चुनाव जीतने तक सीमित नहीं होनी चाहिए, बल्कि स्नातकों की समस्याओं के समाधान के लिए निरंतर संघर्ष करना भी आवश्यक है। कार्यक्रम में कई अन्य स्नातक मतदाताओं ने भी अपने विचार व्यक्त किए और रजनीश रंजन के प्रति समर्थन जताया। कोर टीम ने जताया भरोसा, मनीषा रंजन ने किया आभार व्यक्त इस दौरान कोसी स्नातक निर्वाचन क्षेत्र के विभिन्न जिलों से पहुंचे कोर टीम के सदस्यों ने आगामी चुनाव में उनके पक्ष में मजबूती से काम करने का भरोसा दिलाया। कार्यक्रम के अंत में रेडियो ईस्ट एंड वेस्ट की महानिदेशिका एवं भूपेंद्र नारायण मंडल विश्वविद्यालय की सीनेट सदस्या मनीषा रंजन ने सभी स्नातक मतदाताओं का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि यदि रजनीश रंजन एमएलसी बनते हैं तो वे खगड़िया सहित पूरे कोसी क्षेत्र के स्नातकों के हक और अधिकार की लड़ाई सड़क से लेकर सदन तक मजबूती से लड़ेंगे। कार्यक्रम का संचालन अमरजीत राठौर ने किया। मौके पर वरिष्ठ अधिवक्ता, शिक्षाविद, समाजसेवी एवं बड़ी संख्या में स्नातक मतदाता मौजूद रहे।
सुल्तानपुर जिले में कोतवाली देहात थाना क्षेत्र के कमनगढ़ गांव में एक 17 वर्षीय किशोर ने रविवार शाम फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। उसका शव घर से कुछ दूरी पर एक पेड़ से लटका मिला। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है। मृतक की पहचान संजय निषाद के पुत्र रामजीत (उम्र 17 वर्ष) के रूप में हुई है। घटना की सूचना 5 जुलाई को लगभग 3:15 बजे पुलिस को मिली। सूचना मिलते ही कोतवाली देहात पुलिस तत्काल घटनास्थल पर पहुंची। पुलिस ने फील्ड यूनिट की सहायता से शव को पेड़ से नीचे उतारा। प्रारंभिक जांच में मृतक के शरीर पर कोई बाहरी चोट के निशान नहीं मिले हैं। घरवालों ने अभी कोई तहरीर नहीं दी थानाध्यक्ष धर्मवीर सिंह के अनुसार, परिजनों से पूछताछ में सामने आया है कि किशोर घर की डांट-डपट से कुछ नाराज चल रहा था। इसी नाराजगी के चलते उसने यह कदम उठाया। शव घर से लगभग 300 मीटर दूर एक पेड़ की डाल पर लटका मिला था। क्षेत्राधिकारी लम्भुआ, रितिक कपूर ने बताया कि घरवालों ने अभी कोई तहरीर नहीं दी है। आवश्यकतानुसार अग्रिम विधिक कार्रवाई की जाएगी और मौके पर शांति व्यवस्था बनी हुई है।
हरियाणा पुलिस भर्ती की शारीरिक दक्षता परीक्षा के दौरान पंचकूला में हुई गांव सैदपुर निवासी कपिल यादव की मौत के बाद क्षेत्र में शोक और आक्रोश लगातार बढ़ता जा रहा है। रविवार देर शाम कपिल को श्रद्धांजलि अर्पित करने और उनके परिवार को न्याय दिलाने की मांग को लेकर सैदपुर से अटेली मुख्य चौक तक विशाल कैंडल मार्च निकाला गया। कैंडल मार्च में हजारों की संख्या में महिलाएं, पुरुष, युवा, बुजुर्ग तथा विभिन्न सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधियों ने भाग लिया। हाथों में जलती मोमबत्तियां लिए लोग शांतिपूर्वक मार्च में शामिल हुए। इस दौरान पूरे रास्ते कपिल अमर रहे, कपिल को न्याय दो और सरकार न्याय करे जैसे नारों से माहौल गूंजता रहा। बनाई मानव श्रंखला मार्च में उमड़ी भीड़ का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि सैदपुर से अटेली तक कई किलोमीटर लंबी मानव श्रृंखला दिखाई दी। पूरे मार्ग पर लोगों ने कपिल को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए सरकार से न्याय की मांग की। सरकारी नौकरी की मांग मार्च में शामिल लोगों ने कहा कि कपिल यादव का सपना हरियाणा पुलिस में भर्ती होकर प्रदेश की सेवा करने का था, लेकिन भर्ती प्रक्रिया के दौरान ही उनकी असमय मृत्यु हो गई। उन्होंने सरकार से मांग की कि कपिल की पत्नी को सरकारी नौकरी दी जाए, परिवार को उचित आर्थिक सहायता प्रदान की जाए तथा पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाए। सरकार की जिम्मेदारी वक्ताओं ने कहा कि यह केवल एक परिवार की त्रासदी नहीं, बल्कि पूरे क्षेत्र और समाज के लिए पीड़ादायक घटना है। उनका कहना था कि भर्ती प्रक्रियाओं में पारदर्शिता और अभ्यर्थियों की सुरक्षा सुनिश्चित करना सरकार की जिम्मेदारी है। यदि मामले की निष्पक्ष जांच नहीं हुई तो युवाओं का भर्ती प्रक्रिया पर विश्वास प्रभावित हो सकता है। मौन रख दी श्रद्धांजलि कैंडल मार्च के समापन पर उपस्थित लोगों ने दो मिनट का मौन रखकर दिवंगत कपिल यादव को श्रद्धांजलि अर्पित की। साथ ही सरकार से न्याय सुनिश्चित करने और परिवार की हर संभव सहायता करने की मांग दोहराई। शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुए इस कैंडल मार्च ने कपिल यादव के प्रति क्षेत्रवासियों की गहरी संवेदना, सामाजिक एकजुटता और न्याय की मांग को एक बार फिर मजबूती से सामने रखा।
सड़क हादसे में महिला की मौत, एक गंभीर घायल:सवाई माधोपुर से घर लौटते समय दम्पति को ट्रक ने टक्कर मारी
सवाई माधोपुर जिले के कुस्तला कस्बे में आज शाम एक दर्दनाक सड़क हादसा सामने आया। जिससे पूरे इलाके में सनसनी फ़ैल गई। यहां कुस्तला तिराहे पर पुलिस द्वारा नाकाबंदी की जा रही थी। इसी दौरान पुलिस ने बाइक पर सवार पति-पत्नी को रोकने का प्रयास किया गया। तभी ट्रक ने दम्पति को टक्कर मार दी। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, बाइक कुछ ही कदम आगे बढ़ी थी कि पीछे से तेज रफ्तार ट्रक ने उसे जोरदार टक्कर मार दी। हादसे में चेनपुरा निवासी बरफा देवी की मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई, जबकि उनके पति राजूलाल गंभीर रूप से घायल हो गए। दोनों पति-पत्नी सवाई माधोपुर में मजदूरी कर अपने गांव लौट रहे थे। ग्रामीणों का आरोप है कि पुलिस द्वारा तिराहे पर वाहन रोकने का तरीका बेहद खतरनाक था, जिसके कारण यह हादसा हुआ। गुस्साए ग्रामीणों ने लगाया जामघटना के बाद मौके पर भारी संख्या में ग्रामीण एकत्रित हो गए और पुलिस के खिलाफ जमकर आक्रोश जताया। लोगों ने आरोप लगाया कि स्थानीय पुलिस अक्सर राहगीरों और ग्रामीणों को बेवजह परेशान करती है। ग्रामीणों का यह भी कहना है कि हादसे के बाद करीब आधे घंटे तक 108 एंबुलेंस मौके पर नहीं पहुंची। आखिरकार पुलिस ने घायल राजूलाल को अपनी सरकारी जीप से अस्पताल पहुंचाया, जहां उनका उपचार जारी है। ग्रामीणों ने पचास लाख रूपए मुआवजे की मांगहादसे से गुस्साए ग्रामीणों ने लालसोट-कोटा मेगा हाईवे पर जाम लगा दिया और महिला के परिजनों को 50 लाख रुपए के आर्थिक मुआवजे की मांग की। काफी देर तक सड़क पर महिला का शव पड़ा रहा और ग्रामीणों ने उसे उठाने से इनकार कर दिया। पुलिस ने ट्रक ड्राइवर को हिरासत में लेकर ट्रक जब्त कर लिया है। मौके पर पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद हैं और ग्रामीणों से लगातार समझाइश की जा रही है।मामले को लेकर क्षेत्र में तनाव का माहौल है।
खगड़िया मंडल कारा में रविवार शाम एक विचाराधीन कैदी की मौत हो गई। मृतक की पहचान मानसी थाना क्षेत्र के सीघरसमा गांव निवासी गागो चौधरी के रूप में हुई है। प्रथम दृष्टया मौत का कारण हार्ट अटैक बताया जा रहा है, हालांकि वास्तविक वजह पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद ही स्पष्ट होगी। गागो चौधरी को लगभग डेढ़ महीने पहले मानसी थाना पुलिस ने आर्म्स एक्ट और मारपीट के एक मामले (कांड संख्या-122/26) में गिरफ्तार किया था। न्यायालय के आदेश पर उसे न्यायिक हिरासत में खगड़िया मंडल कारा भेजा गया था। रविवार शाम गागो चौधरी जेल परिसर में अन्य बंदियों के साथ टहल रहा था। इसी दौरान अचानक उसके सीने में तेज दर्द उठा और वह जमीन पर गिर पड़ा। साथी बंदियों ने तुरंत जेल प्रशासन को इसकी सूचना दी। उसे मंडल कारा अस्पताल ले जाया गया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद गंभीर स्थिति को देखते हुए सदर अस्पताल रेफर कर दिया गया। सदर अस्पताल पहुंचते ही चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। जेल अधीक्षक बोले- मेडिकल जांच के बाद खुलासा जेल अधीक्षक राधेश्याम सुमन ने बताया कि बंदी की तबीयत बिगड़ने पर तत्काल चिकित्सकीय सुविधा उपलब्ध कराई गई और बेहतर इलाज के लिए सदर अस्पताल भेजा गया। उन्होंने कहा कि शुरुआती जांच में मौत का कारण हार्ट अटैक प्रतीत हो रहा है, लेकिन इसकी आधिकारिक पुष्टि पोस्टमार्टम रिपोर्ट और मेडिकल जांच के बाद ही हो पाएगी। घटना के बाद पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम की प्रक्रिया शुरू कर दी है। नियमानुसार मृतक के परिजनों को भी घटना की सूचना दे दी गई है। पुलिस और जेल प्रशासन पूरे मामले की जांच में जुटे हैं।
करौली के करणपुर क्षेत्र में चंबल नदी किनारे मगरमच्छ ने पशुपालक पर हमला कर दिया। मगरमच्छ पशुपालक को करीब 30 से 40 फीट दूर तक गर्दन तक गहरे पानी में खींच ले गया, लेकिन उसने मगरमच्छ की आंख पर वार कर खुद को छुड़ा लिया। इस दौरान मौके पर पहुंचे दो ग्रामीणों ने लाठी-डंडों से मगरमच्छ पर हमला किया। करीब 10 से 15 मिनट तक चले संघर्ष के बाद मगरमच्छ ने उसका हाथ छोड़ दिया। गंभीर रूप से घायल पशुपालक का करौली जिला अस्पताल में इलाज जारी है। बकरियों को पानी पिलाने के दौरान हुआ हमला घटना रविवार दोपहर करीब 2 से 2:30 बजे की है। धूसई गांव निवासी पशुपालक पूरण मीणा (55) पुत्र रामफूल मीणा अपनी बकरियों को पानी पिलाने के लिए चंबल नदी के घूसई घाट पहुंचा था। इसी दौरान प्यास लगने पर वह नदी किनारे पानी भरने के लिए बैठे गया, तभी अचानक एक मगरमच्छ ने उस पर हमला कर दिया। हाथ जबड़ों में दबोचकर गहरे पानी में खींच ले गया पूरण मीणा ने बताया कि मगरमच्छ ने उनके दाहिने हाथ को अपने मजबूत जबड़ों में दबोच लिया और उन्हें करीब 30 से 40 फीट दूर गर्दन तक गहरे पानी में खींच ले गया। जान पर बन आने के बावजूद उन्होंने हिम्मत नहीं हारी और लगातार मगरमच्छ से संघर्ष करते रहे। आंख पर वार बना जिंदगी की उम्मीद संघर्ष के दौरान पूरण का हाथ मगरमच्छ की आंख तक पहुंच गया। उन्होंने पूरी ताकत से उसकी आंख पर वार किया और साथ ही मदद के लिए जोर-जोर से आवाज लगाई। उनकी चीख सुनकर पास में मौजूद मोतीलाल और प्यारेलाल मौके पर दौड़ पड़े। ग्रामीणों की बहादुरी से बची जान दोनों ग्रामीणों ने लाठी-डंडों से मगरमच्छ पर हमला शुरू कर दिया। करीब 10 से 15 मिनट तक चले संघर्ष के बाद आंख और शरीर पर चोट लगने से मगरमच्छ ने पूरण का हाथ छोड़ दिया और वापस नदी में चला गया। इसके बाद ग्रामीणों ने घायल पूरण को तुरंत सुरक्षित बाहर निकाला। प्राथमिक इलाज के बाद जिला अस्पताल रेफर घटना के बाद ग्रामीण पूरण मीणा को करणपुर अस्पताल लेकर पहुंचे। वहां डॉ. रामराज मीणा और डॉ. महेश मीणा ने प्राथमिक इलाज किया। गंभीर चोटों को देखते हुए उन्हें करौली जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया, जहां उनका इलाज जारी है।
सुपौल के बघेली पंचायत वार्ड-11 निवासी 25 वर्षीय मो. सलमान की तमिलनाडु के तिरुप्पुर शहर में संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। उनका शव शनिवार सुबह पार्क रोड स्थित निर्माणाधीन सुरंग पुल के पास पानी से भरे एक गहरे गड्ढे से बरामद किया गया। घटना की सूचना मिलते ही गांव में मातम पसर गया। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है, जबकि पूरे इलाके में युवक की मौत को लेकर तरह-तरह की चर्चाएं हो रही हैं। निजी कंपनी में टी-शर्ट कारीगर थे जानकारी के अनुसार, मो. सलमान पिछले करीब एक वर्ष से तिरुप्पुर की एक निजी कंपनी में टी-शर्ट कारीगर के रूप में काम कर रहे थे। वह परिवार की आर्थिक स्थिति सुधारने और अपने घर की जिम्मेदारियां निभाने के लिए तमिलनाडु गए थे। परिजनों ने बताया कि सलमान परिवार के सबसे बड़े पुत्र थे और अपनी दो बहनों की शादी की जिम्मेदारी भी उन्हीं के कंधों पर थी। पिता बोले-भरण-पोषण की चिंता मृतक के पिता मो. मोकिम ने बताया कि परिवार में दो बेटे और दो बेटियां हैं। सलमान की कमाई से ही पूरे परिवार का खर्च चलता था। उन्होंने कहा कि बेटे की असमय मौत से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। अब बेटियों की शादी और घर के भरण-पोषण की चिंता उन्हें लगातार सता रही है। उधर, तिरुप्पुर दक्षिण थाना पुलिस के अनुसार शनिवार सुबह निर्माणाधीन सुरंग पुल के समीप पानी से भरे गहरे गड्ढे में एक युवक का शव तैरता हुआ देखा गया। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और स्थानीय लोगों की मदद से शव को बाहर निकालकर पोस्टमार्टम के लिए तिरुप्पुर सरकारी मेडिकल कॉलेज अस्पताल भेजा। पीएम रिपोर्ट और जांच के बाद खुलासा पुलिस का कहना है कि प्रथम दृष्टया यह स्पष्ट नहीं है कि युवक की मौत दुर्घटनावश गड्ढे में गिरने से हुई या हत्या के बाद शव को वहां फेंका गया। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच के बाद ही मौत के वास्तविक कारणों का पता चल सकेगा। घटना की खबर मिलते ही गांव के कई लोग पीड़ित परिवार के घर पहुंचे और उन्हें सांत्वना दी। इस दौरान सरपंच पति मो. एजाज, पंचायत समिति सदस्य अब्दुर रहमान और वार्ड सदस्य पति अब्दुल खालिद भी मौजूद रहे। तमिलनाडु पुलिस से निष्पक्ष जांच की मांग सरपंच पति मो. एजाज ने कहा कि जिस परिस्थिति में युवक का शव बरामद हुआ है, उससे कई सवाल खड़े होते हैं। उन्होंने तमिलनाडु पुलिस से मामले की निष्पक्ष, पारदर्शी और गहन जांच कराने की मांग की। उन्होंने कहा कि यदि जांच में हत्या की पुष्टि होती है तो दोषियों की जल्द गिरफ्तारी कर उन्हें कड़ी से कड़ी सजा दी जानी चाहिए। पीड़ित परिवार को आर्थिक सहायता मिले साथ ही बिहार सरकार और जिला प्रशासन से पीड़ित परिवार को आर्थिक सहायता एवं उचित मुआवजा देने की भी मांग की। हालांकि, परिजनों ने बरामद शव की पहचान मो. सलमान के रूप में की है। पुलिस ने आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी करने के बाद पोस्टमार्टम कराया और शव परिजनों को सौंप दिया। फिलहाल मामले की जांच जारी है।
हिसार जिले के उकलाना क्षेत्र के गांव भैणी बादशाहपुर के नवदीप की इलाज के दौरान हुई मौत के मामले में न्याय की मांग तेज हो गई है। बरवाला पुलिस द्वारा अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं होने से नाराज ग्रामीणों ने 6 जुलाई की शाम गांव में कैंडल मार्च निकालने का निर्णय लिया है। ग्रामीणों का कहना है कि यदि इसके बाद भी प्रशासन ने आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई नहीं की, तो वे बड़ा आंदोलन शुरू करने को मजबूर होंगे। ग्रामीणों के अनुसार नवदीप को पथरी की समस्या थी, जिसके इलाज के लिए उसे बरवाला के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया था। परिजनों का आरोप है कि उन्होंने डॉक्टरों से दूरबीन विधि से ऑपरेशन करने का अनुरोध किया था, लेकिन सामान्य सर्जरी की गई। उनका आरोप है कि ऑपरेशन और इलाज के दौरान बरती गई कथित लापरवाही के कारण नवदीप की तबीयत लगातार बिगड़ती गई और बाद में उसकी मौत हो गई। शिकायत पर नहीं की कार्रवाई घटना के बाद परिजनों और ग्रामीणों ने संबंधित डॉक्टर के खिलाफ चिकित्सकीय लापरवाही का आरोप लगाते हुए पुलिस में शिकायत दर्ज करवाई थी। उनका कहना है कि शिकायत दिए कई दिन बीत जाने के बावजूद अब तक किसी के खिलाफ कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई, जिससे ग्रामीणों में भारी रोष व्याप्त है। गोशाला से निकाला जाएगा कैंडल मार्च ग्रामीणों ने बताया कि 6 जुलाई की शाम गांव की गोशाला से कैंडल मार्च शुरू होगा, जो गांव के विभिन्न मार्गों से होकर निकलेगा। इस दौरान ग्रामीण नवदीप को श्रद्धांजलि अर्पित करने के साथ-साथ प्रशासन से निष्पक्ष जांच और दोषियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की मांग करेंगे। किसी के खिलाफ अनावश्यक विरोध नहीं ग्रामीणों का कहना है कि उनका उद्देश्य किसी के खिलाफ अनावश्यक विरोध नहीं, बल्कि नवदीप की मौत के मामले में निष्पक्ष जांच और न्याय सुनिश्चित करवाना है। उन्होंने प्रशासन से मांग की, कि पूरे मामले की गंभीरता से जांच कर यदि किसी प्रकार की लापरवाही सामने आती है, तो संबंधित लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए। ग्रामीणों ने चेतावनी दी कि यदि जल्द कार्रवाई नहीं हुई, तो वे धरना-प्रदर्शन सहित व्यापक जन आंदोलन शुरू करने को विवश होंगे, जिसकी जिम्मेदारी प्रशासन की होगी।
विश्व प्रसिद्ध दशाश्वमेध घाट पर गंगा सेवा निधि द्वारा प्रतिदिन आयोजित होने वाली मां गंगा की भव्य एवं दिव्य आरती में रविवार को बिहार के राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल सय्यद अता हसनैन अपनी पत्नी सबिहा हसनैन के साथ शामिल हुए। इस दौरान उन्होंने वैदिक परंपरा के अनुसार विधि-विधान से मां गंगा का पूजन-अर्चन किया तथा संध्या आरती का दर्शन कर गहरी आध्यात्मिक अनुभूति व्यक्त की। राज्यपाल निर्धारित समय से पहले ही दशाश्वमेध घाट पहुंच गए थे। गंगा सेवा निधि के अध्यक्ष सुशांत मिश्रा ने बताया कि राज्यपाल करीब एक घंटे से अधिक समय तक घाट पर मौजूद रहे। इस दौरान उन्होंने घाट की धार्मिक गतिविधियों को निकट से देखा, मां गंगा के प्रति श्रद्धालुओं की आस्था का अवलोकन किया तथा गंगा आरती की संपूर्ण प्रक्रिया को अत्यंत ध्यानपूर्वक देखा। उनके आगमन को लेकर घाट पर सुरक्षा के व्यापक प्रबंध किए गए थे और बड़ी संख्या में पुलिस एवं प्रशासनिक अधिकारी तैनात रहे। 7 मिनट 58 सेकंड का शंखनाद सुन हुए आश्चर्यचकित गंगा आरती प्रारंभ होने से पूर्व प्रसिद्ध शंखवादक राम जन्म योगी ने लगातार 7 मिनट 58 सेकंड तक शंखनाद कर उपस्थित श्रद्धालुओं को मंत्रमुग्ध कर दिया। उनके इस अद्भुत एवं दुर्लभ शंखनाद को सुनकर राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल सय्यद अता हसनैन भी आश्चर्यचकित और भाव-विभोर दिखाई दिए। कार्यक्रम के उपरांत उन्होंने राम जन्म योगी को माला पहनाकर सम्मानित किया तथा उनके इस विलक्षण कौशल की मुक्तकंठ से सराहना की। बोले-मन अत्यंत प्रसन्न और भाव-विभोर हो गया गंगा सेवा निधि की विजिटर बुक में अपने अनुभव साझा करते हुए राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल सय्यद अता हसनैन ने लिखा, “आज विश्व प्रसिद्ध गंगा आरती का अद्भुत अनुभव प्राप्त हुआ। पहले इसके बारे में केवल सुना था, लेकिन आज प्रत्यक्ष दर्शन कर मन अत्यंत प्रसन्न और भाव-विभोर हो गया। भगवती मां गंगा के आशीर्वाद की अनुभूति हुई।”
जलूद में चल रहे कामों को देखने के लिए रविवार को नगर निगम कमिश्नर क्षितिज सिंघल जलूद पहुंचे। यहां उन्होंने नर्मदा फेस 4 अमृत 2 परियोजना के अंतर्गत 1650 एमएलडी निर्माणाधीन इंटेक वेल और 180 एमएलडी फेज-1 और फेज-2 इंटेकवेल परियोजनाओं का दौरा किया। नगर निगम कमिश्नर ने बाकी खुदाई कामों में तेजी लाने के लिए एक्स्ट्रा मशीनरी और संसाधनों को तत्काल मोबिलाइजेशन करने और परियोजनाओं को निर्धारित समय में पूरा करने के लिए कहा। इसके बाद रॉ वाटर मेन पंपिंग मेन पाइपलाइन निर्माण काम को भी देखा। उन्होंने यहां पर सुरक्षा मानकों का कड़ाई से पालन करने और निर्माण की उच्च क्वालिटी बनाए रखने व काम में ज्यादा तेजी लाने को कहा है। निगम कमिश्नर ने बताया कि जनहित से जुड़ी इन महत्वपूर्ण परियोजनाओं को समयबद्ध, गुणवत्तापूर्ण और समन्वित रूप से पूरा करना नगर निगम की प्राथमिकता है।
राजस्थान कर्मचारी चयन बोर्ड की ओर से आयोजित लिपिक ग्रेड-2 एवं कनिष्ठ सहायक संयुक्त सीधी भर्ती परीक्षा रविवार को जिले के 45 परीक्षा केंद्रों पर हुई। दोनों पारियों में कुल रजिस्टर्ड 33984 अभ्यर्थियों में से एवरेज 81.07 % परीक्षार्थियों ने परीक्षा दी। जिला मुख्यालय पर 38 और ग्रामीण क्षेत्रों में 7 सहित कुल 45 परीक्षा केंद्र बनाए गए थे। परीक्षा दो पारियों में आयोजित हुई। दोनों पारियों में 33,984 पंजीकृत अभ्यर्थियों में से 27,551 ने परीक्षा दी, जबकि 6,433 अभ्यर्थी अनुपस्थित रहे। जिले में कुल उपस्थिति 81.07 प्रतिशत दर्ज की गई। पहली पारी सुबह 10:30 बजे से दोपहर 12:30 बजे तक आयोजित हुई, जिसमें सामान्य ज्ञान (जनरल नॉलेज) का प्रश्नपत्र हुआ। इस पारी में 16,992 अभ्यर्थी पंजीकृत थे, जिनमें से 13,730 उपस्थित रहे, जबकि 3,262 अनुपस्थित रहे। पहली पारी में उपस्थिति 80.80 प्रतिशत दर्ज की गई। दूसरी पारी में भी 16,992 अभ्यर्थियों को परीक्षा देनी थी। इनमें 13,621 अभ्यर्थी उपस्थित रहे, जबकि 3,371 अनुपस्थित रहे। दूसरी पारी में 80.16 प्रतिशत उपस्थिति दर्ज की गई। परीक्षा के शांतिपूर्ण एवं निष्पक्ष संचालन के लिए जिला प्रशासन की ओर से पुख्ता इंतजाम किए गए थे। परीक्षा सेंटरों पर प्रवेश से पहले कड़ी जांच पड़ताल की गई थी। बोर्ड के निर्देशानुसार परीक्षा शुरू होने से एक घंटे पहले तक ही अभ्यर्थियों को प्रवेश की अनुमति दी गई। प्रशासन की सतर्कता, सुरक्षा व्यवस्था और कड़ी निगरानी के चलते जिले के सभी परीक्षा केंद्रों पर परीक्षा शांतिपूर्ण, पारदर्शी और व्यवस्थित ढंग से हो गई ।
सहरसा विधायक और इंडियन इंक्लूसिव पार्टी (आईआईपी) के राष्ट्रीय अध्यक्ष इंद्रजीत प्रसाद गुप्ता उर्फ आईपी गुप्ता ने रविवार को मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी से मुलाकात की। इस दौरान उन्होंने तांती, तत्वा और पान समुदाय के अभ्यर्थियों के अधिकारों और हितों की रक्षा सहित कई महत्वपूर्ण सामाजिक व सांगठनिक मुद्दों पर मुख्यमंत्री को एक ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में मुख्य रूप से पाँच मांगें उठाई गई हैं। विधायक गुप्ता ने सर्वोच्च न्यायालय के एक निर्णय की कथित गलत व्याख्या के कारण प्रक्रियाधीन भर्तियों में तांती, तत्वा और पान समुदाय के अभ्यर्थियों का कोटि (कैटेगरी) परिवर्तन कर उन्हें नौकरियों से वंचित किए जाने का मुद्दा उठाया। उन्होंने इस संबंध में जारी सभी अधिसूचनाओं को तत्काल निरस्त करने का आग्रह किया। जल्द नियुक्ति दिलाने का अनुरोध किया गयाज्ञापन में पान जाति का पुराना दर्जा (स्टेटस) पुनः बहाल करने की मांग की गई। इसके अतिरिक्त, सामान्य (जनरल) कोटि और अति पिछड़ा (ईबीसी) अभ्यर्थियों के कट-ऑफ के बराबर अंक प्राप्त कर चुके पान जाति के छात्रों को जल्द से जल्द नियुक्ति दिलाने का भी अनुरोध किया गया। एक अन्य मांग में पूर्णिया मेडिकल कॉलेज से बाहर की गई पान समाज की छात्रा अनुसूरिया कुमारी का नामांकन पुनः बहाल कर उन्हें पढ़ाई जारी रखने का अवसर देने की बात कही गई। कार्यालय आवंटित करने का भी अनुरोध संगठनात्मक स्तर पर, इंडियन इंक्लूसिव पार्टी (आईआईपी) को अपनी गतिविधियों के सुचारू संचालन के लिए पटना में एक कार्यालय आवंटित करने का भी अनुरोध किया गया। मुलाकात के बाद विधायक आईपी गुप्ता ने बताया कि मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने ज्ञापन में उठाए गए सभी संवेदनशील और जनहित से जुड़े मुद्दों को ध्यानपूर्वक सुना। मुख्यमंत्री ने इन सभी विषयों पर गंभीरता से विचार करने और शीघ्र उचित निर्णय लेने का आश्वासन दिया है।
IIM रायपुर में आयोजित राज्य सरकार के चिंतन शिविर को लेकर कांग्रेस ने भाजपा सरकार पर तीखा हमला बोला है। कांग्रेस ने कहा कि पिछले ढाई साल में सरकार ने ऐसी कोई नई योजना शुरू नहीं की, जिस पर IIM जैसे संस्थानों के छात्र और प्रोफेसर शोध कर सकें। इसके बजाय पूर्ववर्ती कांग्रेस सरकार की 17 योजनाएं बंद कर दी गईं और 20 योजनाओं का सिर्फ नाम बदलकर जारी रखा गया। कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष दीपक बैज का कहना है कि पूर्व कांग्रेस सरकार की कई जनकल्याणकारी योजनाओं की नीति आयोग ने भी सराहना की थी। देश के विभिन्न राज्यों के प्रतिनिधि और शिक्षण संस्थानों के शोधार्थी इन योजनाओं का अध्ययन करने छत्तीसगढ़ आते थे। मौजूदा सरकार के पास प्रदेश के विकास का कोई स्पष्ट विजन या रोडमैप नहीं है। तीसरे चिंतन शिविर पर सवाल कांग्रेस ने कहा कि यह भाजपा सरकार का तीसरा चिंतन शिविर है। सवाल यह है कि इससे पहले हुए दो चिंतन शिविरों और प्रशिक्षण कार्यक्रमों से सरकार ने क्या सीखा और उसे जमीन पर क्यों नहीं उतारा। पार्टी का आरोप है कि प्रदेश में प्रशासनिक व्यवस्था कमजोर हुई है, वित्तीय स्थिति बिगड़ी है और जनता स्वास्थ्य, शिक्षा, रोजगार तथा सुरक्षा जैसी बुनियादी समस्याओं से जूझ रही है। 'नई परियोजना नहीं, कर्ज बढ़ा' कांग्रेस का दावा है कि पिछले ढाई साल में सरकार हर महीने 2 हजार करोड़ रुपए से ज्यादा का कर्ज ले रही है, जबकि कोई बड़ी विकास परियोजना शुरू नहीं हुई। चुनावी वादे भी पूरे नहीं किए गए हैं, जिससे जनता में नाराजगी बढ़ी है। युवाओं, किसानों और महिलाओं से किए वादे पूरे नहीं हुए कांग्रेस ने आरोप लगाया कि सरकार युवाओं को रोजगार देने, शिक्षकों की भर्ती करने, किसानों और महिलाओं से किए गए वादे निभाने में असफल रही है। पार्टी के मुताबिक, प्रदेश में कानून-व्यवस्था की स्थिति भी लगातार बिगड़ी है और सरकार अब चिंतन शिविर के जरिए अपनी विफलताओं को छिपाने की कोशिश कर रही है। 'फेयरवेल की तैयारी करे सरकार' कांग्रेस ने कहा कि ढाई साल के कार्यकाल में सरकार अलोकप्रिय हो चुकी है और जनता बदलाव का मन बना चुकी है। पार्टी ने दावा किया कि सरकार का यह चिंतन शिविर जनता की नाराजगी को देखते हुए आयोजित किया गया है और अब उसे अपने फेयरवेल की तैयारी करनी चाहिए।
बूढ़ी मां को रोज दर्शन कराता:आशीर्वाद लेकर शुरू करता काम, गोरखपुर में बेटे को किया गया सम्मानित
गोरखपुर में अपनी मां को भगवान की तरह पूजने वाले बेटे को सम्मानित किया गया। रविवार रात 8 बजे आनन्देश्वर महादेव मंदिर में आयोजित सम्मान समारोह में मां और बेटे को फूलों की माला पहना कर स्वागत किया गया। आयोजक राजेश कुमार द्विवेदी ने बताया कि पिछले तीन सालों से अंकुर अग्रवाल अपने बूढ़ी मां का हाथ पकड़ कर मंदिर लेकर जाते हैं। पूजा अर्चना करने के बाद उनका आशीर्वाद लेते हैं और उसके बाद ही अपना काम शुरू करते हैं। यह उनकी रोज की दिनचर्या में शामिल हैं। मंदिर में बैठने वाले सहसंरक्षक नेवास सिंह सहित कालोनी और आस पास के लोग तारीफ किया करते हैं। ऐसे में मेरे मन में विचार आया कि ऐसे व्यक्तित्व को सम्मानित किया जाना चाहिए। हर कोई करता तारीफउन्होंने बताया कि इसी सोच के साथ रविवार की शाम 8 बजे मंदिर में ही अंकुर अग्रवाल और उनके माता के लिए सम्मान समारोह आयोजित किया गया। जिसमें विभिन्न क्षेत्रों के लोग, डॉक्टर, इंजीनियर, अधिवक्ता शामिल हुए। सबने अपने- अपने विचार व्यक्त किए। लोगों से किया अपीलअंत में अतिथि और उपस्थित लोगों से आह्वान किया कि यदि एक भी पथ से भटका व्यक्ति अंकुर अग्रवाल के गुणों पर चला तो निश्चय ही यह आयोजन सार्थक हो जायेगा। इस अवसर पर दीनदयाल शुक्ला, प्रवीण त्रिपाठी, आदर्श पांडेय, जितेंद्र पांडेय, महिलाएं और अन्य भक्त उपस्थित रहें।
फरीदाबाद में बच्चों को झांसा देकर जेवर ले उड़ा ठग:बोला- मम्मी-पापा को पुलिस पकड़ ले गई; गिरोह पर शक
फरीदाबाद के ओल्ड फरीदाबाद थाना क्षेत्र के सेक्टर-19 राजा गार्डन और गढ़ी मोहल्ला में बच्चों को झांसे में लेकर ठगी करने की दो घटनाओं ने लोगों की चिंता बढ़ा दी है। दोनों मामलों में ठगों ने पहले यह पता लगाया कि माता-पिता घर पर नहीं हैं, फिर बच्चों को डरा-धमकाकर घर में रखे सोने के गहने और नकदी लेकर फरार हो गए। पुलिस को आशंका है कि दोनों वारदातों के पीछे एक ही गिरोह या एक ही ठग का हाथ हो सकता है। पहली घटना सेक्टर-19 राजा गार्डन की है। शिकायतकर्ता अर्जुन सिंह ने बताया कि वह और उनकी पत्नी नौकरी पर गए हुए थे। दोपहर करीब 2:30 बजे उनका 13 वर्षीय बेटा अंश घर के बाहर खड़ा था। तभी लाल रंग की स्कूटी पर सवार एक युवक वहां पहुंचा। उसने अंश से कहा कि उसकी मां को पुलिस पकड़कर ले गई है और पुलिस अब उनके घर भी आने वाली है। आरोपी की बातों में आ गया मासूम आरोपी ने कहा कि उसके पिता ने उसे घर से सोने-चांदी के गहने लेने के लिए भेजा है। मासूम बच्चा उसकी बातों में आ गया और घर में रखे गहनों के बारे में बता दिया। इसके बाद आरोपी घर में रखे करीब एक तोले का सोने का मंगलसूत्र और 5 ग्राम के सोने के कानों के कुंडल लेकर फरार हो गया। शाम को जब अर्जुन सिंह घर लौटे तो बेटे ने पूरी घटना बताई। बच्चे को स्कूटी पर घुमाने ले गया आरोपी वहीं दूसरी घटना गढ़ी मोहल्ला की गली नंबर-1 में हुई। शिकायतकर्ता प्रकाश कुमार और उनकी पत्नी भी नौकरी पर गए हुए थे। घर पर उनकी 13 वर्षीय बेटी पीहू और 11 वर्षीय बेटा लक्ष्य मौजूद थे। दोपहर करीब 2 बजे एक स्कूटी सवार युवक लक्ष्य को अपने साथ सेक्टर-18 स्थित वाल्मीकि पार्क तक घुमाने ले गया। इसी दौरान दूसरा व्यक्ति घर पहुंचा और खुद को प्रकाश कुमार की कंपनी का मैनेजर बताया। स्कूल बैग में डालकर दिए जेवर और कैश उसने पीहू से कहा कि उसके पिता को पुलिस ने पकड़ लिया है और यदि घर में रखे गहने व पैसे पुलिस को मिल गए, तो उन्हें जेल भेज दिया जाएगा। डरी हुई बच्ची उसकी बातों में आ गई और अलमारी में रखे दो जोड़ी सोने के टॉप्स, दो जोड़ी झुमके, एक टिक्का, एक नथ, एक मंगलसूत्र, एक सोने का लॉकेट, एक अंगूठी तथा 15 हजार रुपए नकद स्कूल बैग में रखकर आरोपी को दे दिए। सीसीटीवी खंगालने में जुटी पुलिस कुछ देर बाद बच्ची ने अपने परिजनों को फोन कर पूरी घटना की जानकारी दी। सूचना मिलते ही दोनों परिवारों ने पुलिस को शिकायत दी। पुलिस ने केस दर्ज कर आसपास के सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगालनी शुरू कर दी है। शुरुआती जांच में माना जा रहा है कि दोनों वारदातों को एक ही गिरोह या एक ही ठग ने अंजाम दिया है।
हाथरस में सांप के काटने से युवक की मौत:घर में सोते समय डसा, मौत के बाद भी घरवालों ने कराया झाड़-फूंक
हाथरस में सांप के काटने से एक युवक की मौत हो गई। घटना रविवार सुबह पांच बजे कोतवाली क्षेत्र के गांव कचौरा में हुई। घर में सो रहे 35 साल की धीरेंद्र सिंह यादव को सांप ने कान पर डंस लिया। धीरेंद्र सिंह यादव मूल रूप से देवरिया जिले के ग्राम बड़वा टोली, मझौली के निवासी थे। वह सिकंद्राराऊ में सुमेरपुर स्थित एक आयुर्वेदिक फार्मेसी में काम करते थे और अपनी पत्नी पिंकी के साथ कचौरा गांव में किराए के मकान में रह रहे थे। रविवार सुबह करीब पांच बजे जब वह सो रहे थे, तभी उनके ऊपर कोई वस्तु गिरी। नींद खुलने पर उन्होंने उसे पकड़ने का प्रयास किया, तो पता चला कि वह एक सांप था। तब तक सांप उनके कान पर काट चुका था। शोर सुनकर आसपास के लोग मौके पर पहुंचे, लेकिन सांप भाग निकला। घटना के बाद परिजन धीरेंद्र को तुरंत उपचार के लिए सिकंद्राराऊ के एक अस्पताल ले गए। वहां हालत गंभीर होने पर उन्हें अलीगढ़ के एक निजी अस्पताल रेफर किया गया, जहां चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। मृत घोषित होने के बाद कुछ लोगों ने झाड़-फूंक का भी प्रयास किया, लेकिन कोई लाभ नहीं हुआ। इसके बाद रविवार शाम लगभग 7 बजे शव को सिकंदराराऊ से पुलिस ने पोस्टमार्टम के लिए हाथरस भेज दिया।
सीतामढ़ी सदर अस्पताल में इलाज के दौरान एक 72 वर्षीय बुजुर्ग की मौत हो गई। इसके बाद परिजनों ने डॉक्टरों पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए जमकर हंगामा किया। मृतक की पहचान नगर थाना क्षेत्र के बसबरिया निवासी शत्रुघ्न शर्मा के रूप में हुई है। परिजनों के अनुसार, शत्रुघ्न शर्मा को रविवार सुबह लूज मोशन की शिकायत के बाद सदर अस्पताल में भर्ती कराया गया था। उनका आरोप है कि अस्पताल में उन्हें उचित इलाज नहीं मिला, जिसके कारण देर शाम उनकी मौत हो गई। घटना से जुड़ी तस्वीरें… परिजन और स्थानीय लोग आक्रोशित हो गएबुजुर्ग की मौत की खबर मिलते ही परिजन और स्थानीय लोग आक्रोशित हो गए। उन्होंने अस्पताल परिसर में हंगामा करते हुए चिकित्सकों पर इलाज में लापरवाही बरतने का आरोप लगाया। हंगामे की सूचना पर नगर थाना पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने आक्रोशित लोगों को समझा-बुझाकर स्थिति को शांत कराया और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पुलिस फिलहाल मामले की जांच कर रही है। वहीं, अस्पताल प्रशासन ने बताया कि मृतक को सुबह ही भर्ती किया गया था और डॉक्टरों की देखरेख में उनका समुचित इलाज किया जा रहा था।
लिवर फटने से हुई थी अहम की मौत:मां और उसके प्रेमी पर हत्या का मुकदमा, जांच में जुटी पुलिस
लखनऊ के मड़ियांव में साढ़े चार साल के मासूम अहम की मौत के मामले में पुलिस ने बच्चे की मां और उसके कथित प्रेमी के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज कर लिया है। पिता दिनेश की तहरीर पर दर्ज एफआईआर के बाद पुलिस दोनों की भूमिका की गहनता से जांच कर रही है। घटना से जुड़े साक्ष्य जुटाने के लिए मड़ियांव से लेकर लोहिया संस्थान तक के रिकॉर्ड खंगाले जा रहे हैं। मड़ियांव पुलिस के मुताबिक, बीघापुर उन्नाव निवासी दिनेश की शिकायत पर पत्नी पूनम और उसके प्रेमी गोसाईगंज के अयोध्या निवासी प्रशांत उर्फ गौरव सिंह के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज किया गया है। पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में बच्चे की मौत बेरहमी से पिटाई के कारण लिवर फटने और ज्यादा खून बह जाने कारण मौत होने की पुष्टि हुई है। रिपोर्ट में बच्चे के शरीर पर पुरानी चोटों के निशान भी मिले हैं, जिससे पुलिस को लगातार प्रताड़ना की आशंका है। जांच में सामने आया है कि घटना वाले दिन पूनम बच्चे को लेकर लोहिया संस्थान पहुंची थी, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। अस्पताल प्रशासन ने पुलिस को सूचना देने की बात कही तो पूनम शव वहीं छोड़कर चली गई। बाद में उसकी बहन के माध्यम से मामले की जानकारी पुलिस तक पहुंची। पिता दिनेश का आरोप है कि पूनम के साथ रहने वाले प्रशांत की भी बच्चे की मौत में भूमिका हो सकती है। इसी आधार पर दोनों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है। एसीपी अलीगंज ने बताया कि मामले में हत्या का मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। पूछताछ के लिए पत्नी पूनम और एक अन्य नामजद को बुलाया जाएगा। पुलिस सभी पहलुओं की गंभीरता से जांच कर रही है और सीसीटीवी फुटेज समेत अन्य साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
शादी के एक साल बाद युवती ने दी जान:पति पर मारपीट करता था, दूसरी शादी की धमकी देने का आरोप
संभल में शादी के एक साल बाद एक विवाहिता अपने ससुराल में कमरे के अंदर साड़ी के फंदे पर लटकी मिली। परिजनों ने आरोप लगाया है कि पति उसे परेशान करता था और दूसरी शादी करने की धमकी देता था। पुलिस ने परिजनों की शिकायत पर शव का पोस्टमार्टम कराया है। यह पूरा घटनाक्रम जनपद संभल के चंदौसी कोतवाली कस्बा क्षेत्र के मौलागढ़ गांव का है। मृतका की पहचान 26 वर्षीय कुसुम लता के रूप में हुई है, जो सुभाष कुमार की पत्नी थीं। पंचशील कॉलोनी निवासी पिता रामौतार ने एक साल पहले अपनी बेटी की शादी 28 वर्षीय सुभाष, पुत्र अमरपाल से की थी। मृतका की तीन माह की एक बेटी भी है। शनिवार रात करीब 10:30 से 11 बजे के बीच उन्हें कुसुम लता द्वारा फांसी लगाने की सूचना मिली थी। जब वे घर पहुंचे, तो लड़की का शव कमरे के अंदर फांसी के फंदे पर लटक रहा था और घर से सभी लोग फरार हो चुके थे। घटना की सूचना मिलने के बाद देर रात पुलिस मौके पर पहुंची और मध्यरात्रि 2:30 बजे पंचनामा भरकर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया। कुसुम लता के बड़े भाई रिंकू ने बताया कि शादी के बाद से ही उसका पति और ससुराल पक्ष के लोग बहन को लगातार परेशान कर रहे थे। झगड़े के दौरान पति उसे दूसरी शादी करने की धमकी देता था। भाई ने यह भी बताया कि यह घटना शनिवार रात 8:30 से 9 बजे के बीच की है, लेकिन उन्हें इसकी जानकारी दो घंटे बाद मिली। भाई का आरोप है कि उसका बहनोई कोई काम नहीं करता है और खुद को एलएलबी बताता है। विवाहिता की मौत के बाद आस-पास के लोगों ने चुप्पी साध ली थी, और घर पर किसी तरह की हलचल न होने के कारण पूरे दिन क्षेत्र के अन्य लोगों को इसकी जानकारी नहीं हो सकी। रविवार शाम 7 बजे पोस्टमार्टम होने के बाद लड़की का शव उसके मायके मौलागढ़ गांव पहुंचा, जिसके बाद घटना की जानकारी लोगों को हो पाई।
राजस्थान माध्यमिक शिक्षा बोर्ड(RBSE), अजमेर ने राज्य में वर्ष 2027 में होने वाली कक्षा 10वीं एवं 12वीं बोर्ड परीक्षाओं के आवेदन भरने की प्रक्रिया शुरू कर दी है, सोमवार (6 जुलाई) से परीक्षा फॉर्म भरे जाएंगे, लेकिन इस बार सामान्य परीक्षा शुल्क में प्रति नियमित विद्यार्थी पर 200 रुपए बढ़ा दिए है। जिससे पूर्व में लगने वाले परीक्षा शुल्क 650 रुपए के स्थान पर 850 रुपए देने होंगे। इसका सीधा असर टोंक समेत राज्य भर में निजी एवं सरकारी स्कूलों में पढ़ रहे लगभग 20 लाख स्टूडेंट्स पर पड़ेगा। इस बार 2027 में होने वाली बोर्ड परीक्षाओं में शामिल होने वाले समस्त नियमित एवं स्वयंपाठी परीक्षार्थियों के लिए ऑनलाइन परीक्षा आवेदन 6 जुलाई से भरना शुरू होंगे। बिना बिलंब शुल्क के 6 अगस्त तक आवेदन भरे जाएंगे। इसके बाद प्रत्येक चरण में विलंब शुल्क के साथ परीक्षा शुल्क बढ़ता जाएगा। प्रायोगिक विषयों की फीस में भी 100 रुपए की वृद्धि की गई है। अब प्रत्येक प्रायोगिक विषय के लिए 200 रुपए अलग से देने होंगे। बोर्ड ने स्पष्ट किया है कि जिन स्कूलों की उच्च माध्यमिक स्तर की संबद्धता संबंधी प्रक्रिया अभी लंबित है, उन्हें निर्धारित समय में कार्रवाई पूरी करनी होगी। ऐसा नहीं होने पर संबंधित विद्यालयों के विद्यार्थियों के परीक्षा आवेदन निरस्त किए जा सकते हैं। हालांकि बोर्ड परीक्षा शुल्क बढ़ाने को लेकर शिक्षक संघ रेसटा, राजस्थान के प्रदेशाध्यक्ष मोहर सिंह सलावद का कहना है कि यह परीक्षार्थियों के हित में नहीं है। इस निर्णय को वापस लेना चाहिए। इन कैटेगरी के परीक्षार्थियों को मिलेगी फीस में छूट विशेष आवश्यकता वाले विद्यार्थियों, दृष्टिबाधित एवं दिव्यांग परीक्षार्थियों, युद्ध में वीरगति प्राप्त सैनिकों और पुलवामा हमले के शहीदों के आश्रितों को परीक्षा शुल्क से छूट रहेगी। ऐसे विद्यार्थियों को केवल 50 रुपए टोकन शुल्क जमा करना होगा। ऑनलाइन आवेदन से जुड़े दिशा-निर्देश बोर्ड की वेबसाइट पर उपलब्ध हैं। किसी भी प्रकार कीजानकारी के लिए बोर्ड कंट्रोल रूम के हेल्पलाइन नंबरों पर संपर्क किया जा सकता है। पढ़िए… बोर्ड परीक्षाओं का पूरा कार्यक्रम और महत्वपूर्ण डेट्स बोर्ड परीक्षाओं के आवेदन का प्रस्तावित कार्यक्रम आवेदन की महत्वपूर्ण तिथियां: परीक्षा संचालन और व्यवस्थाओं की बढ़ती लागत के कारण बढ़ाई फीस जानकारी के अनुसार, परीक्षा संचालन और व्यवस्थाओं की बढ़ती लागत को देखते हुए शुल्क संशोधित किया गया है। ऐसे में विद्यार्थियों के लिए समय पर आवेदन करना सबसे महत्वपूर्ण होगा, क्योंकि 6 अगस्त के बाद हर चरण में लेट फीस के साथ शुल्क तेजी से बढ़ेगा। यह बढ़ोतरी विशेष रूप से उन विद्यार्थियों के लिए महंगी साबित हो सकती है, जो अंतिम समय तक आवेदन टालते हैं। 2027 की बोर्ड परीक्षाओं में बोर्ड के बदलाव शिक्षक संघ ने कहा- बोर्ड परीक्षाओं का शुल्क बढ़ाना सही नहीं शिक्षक संघ रेसटा,राजस्थान के प्रदेशाध्यक्ष मोहर सिंह सलावद ने बताया कि माध्यमिक शिक्षा बोर्ड अजमेर द्वारा 2027 की बोर्ड परीक्षाओं में कक्षा 10 एवं 12 वीं के विद्यार्थियों पर परीक्षा शुल्क 650 से बढ़ाकर 850 यानि 200 रुपए की वृद्धि कर दी है,जो सही नहीं है। बोर्ड को अपने निर्णय पर फिर से विचार कर इसे वापस लेना चाहिए। परीक्षा शुल्क में 200 रुपए की वृद्धि और प्रायोगिक विषयों की फीस बढ़ने से इस बार विद्यार्थियों और अभिभावकों पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ पड़ेगा।
मंदसौर जिले की नारायणगढ़ थाना पुलिस ने मादक पदार्थ तस्करों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस ने एक मिनी ट्रक से 88 किलोग्राम पिसा हुआ डोडाचूरा जब्त किया। इस मामले में हिमाचल प्रदेश के दो आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है, जिनके खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज किया गया है। जब्त डोडाचूरा की कीमत लगभग 1.76 लाख रुपये बताई गई है। एसपी विनोद कुमार मीना के मार्गदर्शन और थाना प्रभारी निरीक्षक राजेंद्र कुमार पवार के नेतृत्व में यह कार्रवाई की गई। पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली थी कि एक मिनी ट्रक में अवैध मादक पदार्थ ले जाया जा रहा है। इस सूचना के आधार पर रविवार दोपहर नारायणगढ़-पिपलिया मंडी रोड पर बरखेड़ा वीरपुरिया फंटे पर वाहन की घेराबंदी कर जांच की गई। दोनों आरोपी हिमाचल के रहने वालेतलाशी के दौरान एसएमएल कंपनी के SARTAJ GS मिनी ट्रक (क्रमांक HP-93-A-8885) में चार प्लास्टिक के कट्टों में कुल 88 किलोग्राम पिसा हुआ डोडाचूरा बरामद हुआ। पुलिस ने मौके से ट्रक चालक दिनेश (40), निवासी ग्राम ओखु, तहसील नालागढ़, जिला सोलन (हिमाचल प्रदेश) और अमृतलाल (36), निवासी आदुवाल, तहसील नालागढ़, जिला सोलन (हिमाचल प्रदेश) को गिरफ्तार किया। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से 88 किलो डोडाचूरा के साथ-साथ करीब 12 लाख रुपये कीमत का मिनी ट्रक, दो एंड्रॉयड मोबाइल फोन और ट्रक में भरा लगभग 8 लाख रुपये कीमत का घरेलू सामान भी जब्त किया है। आरोपियों के खिलाफ थाना नारायणगढ़ में अपराध क्रमांक 217/2026 के तहत एनडीपीएस एक्ट की धारा 8/15 के तहत प्रकरण दर्ज कर विवेचना शुरू कर दी गई है। थाना प्रभारी राजेंद्र पवार ने बताया कि आरोपियों से पूछताछ जारी है। पुलिस यह पता लगा रही है कि डोडाचूरा कहां से लाया गया था और इसकी सप्लाई किसे की जानी थी। पुलिस पूरे तस्करी नेटवर्क की जांच में जुटी हुई है।
फलोदी में तेज हवाओं के साथ झमाझम बारिश:नगर परिषद चौराहे पर भरा पानी, नई सड़क पर बैंक का बोर्ड गिरा
फलोदी में लंबे इंतजार के बाद शाम 5:45 बजे तेज हवाओं के साथ हुई झमाझम बारिश ने इस मौसम के सूखे के सिलसिले को तोड़ दिया। बारिश के बाद मौसम सुहावना हो गया और पिछले दो दिनों से उमस से परेशान लोगों ने राहत की सांस ली। देर शाम तक किसी बड़े नुकसान की कोई सूचना नहीं मिली थी। आमजन का जनजीवन हुआ प्रभावित पिछले दो दिनों से क्षेत्र में उमस के कारण लोगों का जनजीवन प्रभावित हो रहा था। शनिवार को भी बारिश के आसार बने थे, लेकिन केवल हल्की बूंदाबांदी के बाद आसमान साफ हो जाने से लोगों को निराशा हुई थी। रविवार सुबह से ही बादलों की आवाजाही और बढ़ती उमस ने बारिश की संभावना जता दी थी। नई सड़क स्थित बैंक का साइन बोर्ड गिरा शाम होते-होते यह उम्मीद पूरी हुई और तेज हवाओं के साथ अच्छी बारिश शुरू हो गई। तेज हवाओं के चलते शहर के कई स्थानों पर साइन बोर्ड और होर्डिंग्स गिरने की घटनाएं सामने आईं। नई सड़क स्थित एचडीएफसी बैंक का बड़ा साइन बोर्ड भी गिर गया, जिससे बिजली की एक तार नीचे लटक गई। इस घटना में किसी प्रकार की जनहानि या अन्य हादसा नहीं हुआ। नगर परिषद चौराहे पर जलभराव बारिश के बाद नगर परिषद चौराहे सहित शहर के कुछ निचले इलाकों में जलभराव की स्थिति बनी, हालांकि कुछ समय बाद पानी की निकासी शुरू हो गई। नगर परिषद आयुक्त अनिल विश्नोई ने बताया कि शहर में नालों और नालियों की सफाई का कार्य लगभग पूरा हो चुका है। उन्होंने सफाई कर्मचारियों को निर्देश दिए हैं कि वर्षा के दौरान पानी की निकासी व्यवस्था पर लगातार निगरानी रखें और आवश्यकता पड़ने पर तत्काल कार्रवाई करें ताकि जलभराव की समस्या से निपटा जा सके।
रायपुर निगम के अफसरों को राजस्व वसूली का नया टारगेट:77 दिन तक रोज जुटाने होंगे 1.62 करोड़ रुपए
रायपुर नगर निगम ने राजस्व वसूली को लेकर बड़ा लक्ष्य तय किया है। निगम आयुक्त संबित मिश्रा ने अगले 77 दिनों तक प्रतिदिन 1 करोड़ 62 लाख रुपए राजस्व वसूलने का लक्ष्य अधिकारियों को दिया है। इसके लिए सभी जोन कमिश्नरों, सहायक राजस्व अधिकारियों और राजस्व कर्मचारियों की जिम्मेदारी तय कर दी गई है। आयुक्त ने विभागवार समीक्षा करते हुए कहा कि निर्धारित लक्ष्य के अनुसार रोजाना राजस्व वसूली सुनिश्चित की जाए। उन्होंने इसे निगम की प्राथमिकता बताते हुए सभी जोनों को तय लक्ष्य पूरा करने के निर्देश दिए। अवैध प्लॉटिंग पर होगी सख्त कार्रवाई बैठक में शहर में हो रही अवैध प्लॉटिंग के मामलों की भी समीक्षा की गई। आयुक्त ने निर्देश दिए कि सभी प्रकरणों में नियमानुसार कड़ी कार्रवाई की जाए और नियमों का उल्लंघन करने वालों पर सख्ती बरती जाए। CM हेल्पलाइन की शिकायतें लंबित न रहें आयुक्त ने सीएम हेल्पलाइन 1076 में नगर निगम से संबंधित लंबित शिकायतों का जल्द निराकरण करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि नागरिकों की शिकायतों का समयबद्ध समाधान सुनिश्चित किया जाए। सफाई कर्मचारियों को समय पर वेतन देने के निर्देश बैठक में सफाई व्यवस्था की भी समीक्षा हुई। आयुक्त ने सभी जोन कमिश्नरों को निर्देश दिए कि सफाई कर्मचारियों का वेतन निर्धारित समय पर नियमित रूप से जारी किया जाए, ताकि कार्य प्रभावित न हो। ऑडिट आपत्तियां भी जल्द निपटाने के निर्देश बैठक में ऑडिट आपत्तियों पर भी चर्चा हुई। अधिकारियों को आवश्यक जानकारी उपलब्ध कराकर लंबित आपत्तियों का शीघ्र निराकरण कराने के निर्देश दिए गए। बैठक में अपर आयुक्त, अधीक्षण अभियंता, नगर निवेशक, जोन कमिश्नर, उपायुक्त, कार्यपालन अभियंता और विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।
उदयपुर के गोवर्धन थाना विलास क्षेत्र में रविवार को एक इको कार की टक्कर से बाइक सवार एक युवक की मौके पर ही मौत हो गई। जबकि दूसरा युवक बुरी तरह घायल हो गया। हादसा उदयपुर-अहमदाबाद नेशनल हाईवे-48 पर बोरी कुआ नाल के पास देर शाम हुआ। जब तेज रफ्तार इको कार ने बाइक सवार दो युवकों को पीछे से टक्कर मारी। टक्कर के बाद दोनों युवक उछलकर करीब 20 फीट दूर जा गिरे। बाइक चला रहे युवक प्रदीप के सिर और पैर में गंभीर चोट लगने से मौके पर ही मौत हो गई। जबकि दूसरा युवक बुरी तरह घायल हो गया। टक्कर मारने वाला कार चालक मौके से फरार हो गया। घटना के बाद आसपास लोगों की भीड़ जमा हो गई और हाईवे पर जाम के हालत बन गए। सूचना पर गोवर्धन विलास थाना पुलिस मौके पर पहुंची और घटना की जानकारी ली। मजदूरी कर गांव लौट रहे थे युवकएएसआई प्रदीप कुमार ने बताया कि मृतक की पहचान प्रदीप पिता होमा मीणा निवासी आत्मन कोटड़ा, ऋ़षभदेव के रूप में हुई है। उसका साथी खोड़ी मउड़ी परसाद निवासी अजीत मीणा घायल हुआ है। जिसका एमबी हॉस्पिटल में इलाज जारी है। दोनों कई दिनों से कोटड़ा में मजदूरी कर रहे थे। दोनों मजदूरी से लौटकर अपने गांव जा रहे थे। तभी ये हादसा हो गया। इको चालक मौके से फरार हो गया। मृतक का पोस्टमार्टम कराकर परिजनों को शव सुपुर्द कर दिया। परिजनों की रिपोर्ट के बाद पुलिस कार ड्राइवर की तलाश में जुटी है।
सिंगरौली में दीवार गिरने से 9 वर्षीय बच्ची की मौत:आंधी चलने से हादसा, बच्चे समेत दो गंभीर
सिंगरौली जिले के सासन चौकी क्षेत्र में रविवार को आंधी-तूफान के दौरान एक कच्ची दीवार गिरने से हादसा हो गया। इस घटना में 9 वर्षीय बच्ची कल्पना साकेत की मौत हो गई, जबकि ललन और 6 वर्षीय रंजीत गंभीर रूप से घायल हो गए। घायलों का जिला अस्पताल बैढ़न में इलाज चल रहा है। यह घटना कोतवाली थाना क्षेत्र के सिंगरौलिया गांव में हुई। रविवार को तेज आंधी और बारिश के कारण एक कच्चे मकान की दीवार ढह गई। हादसे के वक्त परिवार के सदस्य घर के अंदर सो रहे थे। दीवार गिरने की आवाज सुनकर आसपास के ग्रामीण मौके पर पहुंचे और मलबे में दबे लोगों को बाहर निकालने का प्रयास किया। सूचना मिलने पर पुलिस टीम भी तत्काल घटनास्थल पर पहुंची। स्थानीय लोगों की मदद से घायलों को एंबुलेंस के जरिए जिला अस्पताल बैढ़न भेजा गया। आधी से हुआ हादसा सासन चौकी प्रभारी संदीप नामदेव ने बताया कि पुलिस टीम को सूचना मिलते ही वे मौके पर पहुंचे थे। उन्होंने पुष्टि की कि हादसे में 9 वर्षीय बच्ची की मौत हुई है और दो अन्य घायल अस्पताल में उपचाराधीन हैं। प्रारंभिक जांच में तेज आंधी-तूफान को दीवार गिरने का कारण बताया गया है। पुलिस ने पंचनामा कार्रवाई के बाद बच्ची के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा है। पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है। स्थानीय लोगों ने प्रशासन से पीड़ित परिवार को आर्थिक सहायता प्रदान करने की मांग की है।
शेखपुरा जिले के बरबीघा प्रखंड के कुटौत गांव में रविवार शाम मौलिक अधिकार और कर्तव्य विषय पर एक दिवसीय सेमिनार का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में जिले के एएसपी डॉ. राकेश कुमार मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। सेमिनार का शुभारंभ दीप प्रज्वलन और अतिथियों के स्वागत के साथ हुआ। आयोजकों ने सभी गणमान्य अतिथियों को भारतीय संविधान की प्रस्तावना भेंट कर सम्मानित किया। मंच संचालन डॉ. साधना कुमारी और शिक्षक कुणाल कुमार ने संयुक्त रूप से किया। कार्यक्रम में समाजवादी नेता शिवकुमार, पूर्व सिविल सर्जन डॉ. के. पुरुषोत्तम, जिला अधिवक्ता संघ के सचिव विपिन कुमार, प्रो. रमाकांत प्रसाद सिंह, डिवाइन लाइट पब्लिक स्कूल के प्राचार्य सुधांशु शेखर, एसकेआर कॉलेज बरबीघा के प्राचार्य प्रो. डॉ. संजय कुमार और वरिष्ठ शिक्षक अरविंद मानव सहित कई गणमान्य लोग मौजूद थे। मुख्य अतिथि एएसपी डॉ. राकेश कुमार ने उपस्थित लोगों को संबोधित करते हुए कहा कि भारतीय संविधान प्रत्येक नागरिक को समानता, स्वतंत्रता और न्याय का अधिकार देता है। उन्होंने जोर दिया कि इन अधिकारों की रक्षा तभी संभव है जब प्रत्येक नागरिक अपने मौलिक कर्तव्यों का भी ईमानदारी से पालन करे। उन्होंने युवाओं से संविधान के प्रति जागरूक रहने, कानून का सम्मान करने और समाज में भाईचारे की भावना विकसित करने का आह्वान किया। डॉ. कुमार ने स्पष्ट किया कि अधिकार और कर्तव्य एक-दूसरे के पूरक हैं और इनके संतुलन से ही लोकतंत्र मजबूत होता है। समाजवादी नेता शिवकुमार ने अपने संबोधन में कहा कि संविधान केवल अधिकारों का दस्तावेज नहीं, बल्कि सामाजिक न्याय, समान अवसर और मानवीय मूल्यों की आधारशिला है। उन्होंने आज के युवाओं से संविधान की मूल भावना को समझते हुए समाज और राष्ट्र के प्रति अपनी जिम्मेदारियों का निर्वहन करने का आग्रह किया। आरडी कॉलेज के पूर्व प्राचार्य प्रो. रमाकांत प्रसाद सिंह ने कहा कि मौलिक अधिकार नागरिकों को सम्मानपूर्वक जीवन जीने की गारंटी देते हैं, जबकि मौलिक कर्तव्य राष्ट्र निर्माण की दिशा तय करते हैं। उन्होंने यह भी कहा कि यदि प्रत्येक नागरिक अपने कर्तव्यों का ईमानदारी से पालन करे तो देश की अधिकांश सामाजिक समस्याओं का समाधान स्वतः हो सकता है। उन्होंने विद्यार्थियों से संविधान का अध्ययन करने और उसके आदर्शों को अपने जीवन में अपनाने की अपील की।कार्यक्रम के सफल आयोजन में मनोज कुमार के नेतृत्व में डॉ. साधना कुमारी, आईआईटियन वैभव कुमार, एलएलबी के विद्यार्थी अभिनंदन कुमार, समाजसेवी रौशन कुमार, गुलशन कुमार सहित अन्य सदस्यों की महत्वपूर्ण भूमिका रही. सेमिनार में बड़ी संख्या में छात्र-छात्राओं, शिक्षकों एवं स्थानीय लोगों ने भाग लेकर संविधान के प्रति जागरूकता का संदेश ग्रहण किया।
नूंह सड़क हादसे में युवक की मौत:पिकअप ने बाइक को मारी टक्कर, साथी की हालत गंभीर; ड्राइवर फरार
नूंह जिले के पुन्हाना खंड के सिरौली गांव के पास देर रात एक सड़क हादसे में 20 वर्षीय युवक की मौत हो गई, जबकि 16 वर्षीय किशोर गंभीर रूप से घायल हो गया। तेज रफ्तार पिकअप ने बाइक सवार दो युवकों को टक्कर मार दी। टक्कर के बाद पिकअप चालक वाहन समेत मौके से फरार हो गया। सूचना मिलने पर पुन्हाना सदर थाना पुलिस घटनास्थल पर पहुंची। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए मांडीखेड़ा स्थित अल आफिया अस्पताल भेजा। मृतक की पहचान फिरोजपुर झिरका क्षेत्र के गांव कालियाबास निवासी वसीम के रूप में हुई है। मामा से मिलने झांडा गया था पुलिस के अनुसार, वसीम अपने नाना और मामा से मिलने झांडा गांव गया था। देर रात वह बाइक से अपने घर लौट रहा था। सिरौली गांव के पास पहुंचने पर सामने से आ रही तेज रफ्तार पिकअप ने उसकी बाइक को टक्कर मार दी। वसीम की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि पीछे बैठा 16 वर्षीय किशोर गंभीर रूप से घायल हो गया, जिसे इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। परिजनों ने बताया कि वसीम तीन बहनों का इकलौता भाई था। पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया। पिकअप ड्राइवर के खिलाफ केस जांच अधिकारी लेखराम ने बताया कि परिजनों की शिकायत पर अज्ञात पिकअप ड्राइवर के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया गया है। पुलिस घटनास्थल के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज और अन्य साक्ष्यों के आधार पर आरोपी की पहचान कर रही है। पुलिस ने कहा कि फरार ड्राइवर को जल्द गिरफ्तार कर कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
जहानाबाद राजद विधायक राहुल शर्मा ने सरकार पर निशाना साधा है। उन्होंने पार्टी के स्थापना दिवस समारोह में भाग लेने के दौरान मीडिया से बात करते हुए यह बयान दिया। विधायक शर्मा ने सरकार को 'बैकडोर' की सरकार बताया और कहा कि यह भ्रमित है कि उसे कब क्या करना है। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार को खुद नहीं पता कि उसे क्या कदम उठाने चाहिए। सरकार हम लोगों को डराने का प्रयास कर रहीशर्मा ने लालू यादव के आवास खाली कराए जाने और उनकी सुरक्षा हटाए जाने का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि 1 तारीख को राजद पार्टी का स्थापना दिवस मनाया गया, जिसमें भारी भीड़ उमड़ी। विधायक के अनुसार, इस भीड़ को देखकर सरकार डर गई और लालू यादव की सुरक्षा वापस बहाल कर दी। उन्होंने कहा कि सरकार हम लोगों को डराने का प्रयास कर रही है। शर्मा ने लालू यादव के हवाले से कहा कि सुरक्षा हटाए जाने पर उन्होंने कहा था कि उन्हें इससे कोई फर्क नहीं पड़ता और वे अपना काम करते रहेंगे। विधायक ने जोर देकर कहा कि उनकी पार्टी सरकार की गलत नीतियों का जवाब देती रहेगी और जनता की भलाई के लिए काम करने को तत्पर है। उन्होंने कहा कि वे और उनके नेता हमेशा आम जनता के हित की बात करते हैं।
गोपालगंज में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) ने हिंदू साम्राज्य दिनोत्सव के अवसर पर एक पथ संचलन का आयोजन किया। यह संचलन जिला मुख्यालय स्थित कमला राय कॉलेज के साइंस ब्लॉक से शुरू होकर शहर के प्रमुख मार्गों से गुजरा। संचलन में पूर्ण गणवेश में स्वयंसेवक शामिल हुए। सदर विधायक भी इस पथ संचलन में पूर्ण गणवेश में उपस्थित रहे। पथ संचलन का मुख्य उद्देश्य समाज को संगठित करना और युवा पीढ़ी को देश के इतिहास से परिचित कराना था। जिला संघचालक अंजनी कुमार ने बताया कि यह उत्सव भारतीय अस्मिता और स्वाभिमान का प्रतीक है। इसी दिन छत्रपति शिवाजी महाराज ने 'हिंदू पद पादशाही' की स्थापना की थी। उन्होंने कहा कि मुगलों और विदेशी आक्रमणकारियों के शासन के दौरान शिवाजी महाराज का राज्याभिषेक एक महत्वपूर्ण ऐतिहासिक घटना थी। अंजनी कुमार के अनुसार, इस स्थापना से हिंदुओं में यह विश्वास जगा कि वे भी देश में शासन कर सकते हैं। शिवाजी महाराज ने संदेश दिया कि यदि हिंदू समाज जातिगत भेदभाव भुलाकर संगठित हो जाए, तो 'स्वराज्य' की स्थापना संभव है। उन्होंने अपनी युद्ध नीति और साहस से मुगल शासन को चुनौती दी। वक्ताओं ने समाज के संगठित होने की आवश्यकता पर बल दिया। उनका कहना था कि राष्ट्र की प्रगति के लिए समाज का आंतरिक रूप से मजबूत और एकजुट होना जरूरी है। गोपालगंज की सड़कों पर स्वयंसेवकों के संचलन ने शहर में एक विशेष माहौल बनाया। पथ संचलन का नेतृत्व जिला संघचालक अंजनी कुमार ने किया। स्वयंसेवक हाथों में दंड लेकर विभिन्न मार्गों से गुजरे। नगर के प्रमुख स्थानों पर लोगों ने इस संचलन का स्वागत किया। कार्यक्रम के दौरान संघ पदाधिकारियों ने कहा कि हिंदू साम्राज्य दिवस छत्रपति शिवाजी महाराज के राज्याभिषेक की ऐतिहासिक स्मृति का प्रतीक है।यह दिवस राष्ट्रभक्ति, सामाजिक समरसता, संगठन और सांस्कृतिक मूल्यों को मजबूत करने की प्रेरणा देता है। वहीं सदर विधायक सुभाष सिंह भी शामिल हुए।उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ समाज में सेवा, संस्कार और संगठन की भावना को बढ़ाने के लिए निरंतर कार्य करता है। पथ संचलन के दौरान अनुशासन व सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने के लिए स्वयंसेवकों के साथ स्थानीय प्रशासन भी सतर्क रहा। कार्यक्रम शांतिपूर्ण माहौल में संपन्न हुआ। ।
खंडवा में पुलिस ने एक टवेरा गाड़ी से 3 क्विंटल 19 किलो मछली जब्त की है। मछली इंदिरा सागर बांध के बैकवॉटर क्षेत्र से चोरी कर खंडवा लाई जा रही थी। मामले में पुलिस ने टवेरा चालक के खिलाफ केस दर्ज किया है। कार्रवाई मत्स्य विभाग की सूचना पर की गई। मामला जावर थाना क्षेत्र का है। पुलिस ने गोहलारी रोड पर एक टवेरा गाड़ी को रोका। गाड़ी में बड़ी मात्रा में मछली भरी हुई थी। सूचना मिलने पर थाना प्रभारी श्यामसिंह भादले और डायल-112 की टीम मौके पर पहुंची। इसके बाद टवेरा को थाने लाया गया, जहां मछली का वजन कराया गया। मत्स्य विभाग के अधिकारी और ठेका कंपनी बलराज फिशरीज के मैनेजर भी थाने पहुंचे। उनकी मौजूदगी में पुलिस ने पंचनामा बनाया और प्रतिबंध से जुड़े आदेश व दस्तावेजों की जांच की। आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज प्रतिबंध आदेश और ठेकेदार के बयान के आधार पर पुलिस ने टवेरा चालक और मछली सप्लायर करण पिता नर्मदाप्रसाद, निवासी ग्राम बीड़, के खिलाफ मामला दर्ज किया है। पुलिस ने करण के खिलाफ चोरी और मत्स्य अधिनियम की धाराओं में केस दर्ज किया है। फिलहाल यह पता नहीं चल सका है कि मछली खंडवा में किस व्यापारी को पहुंचाई जा रही थी। 15 अगस्त तक मत्स्याखेट पर प्रतिबंध बारिश के दौरान मछलियों का प्रजनन काल होने के कारण शासन ने 15 अगस्त तक मत्स्याखेट पर प्रतिबंध लगाया है। खंडवा जिले का इंदिरा सागर बांध मछली कारोबार का बड़ा केंद्र है। यहां ठेकेदार कंपनी के अलावा अवैध रूप से भी मत्स्याखेट होने के मामले सामने आते रहे हैं।
राष्ट्रीय लोकदल (खेल प्रकोष्ठ) की नवनियुक्त राष्ट्रीय अध्यक्ष कविता देवी शनिवार को मेरठ पहुंची। इस दौरान पार्टी पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने उनका भव्य स्वागत किया। कार्यक्रम का आयोजन राष्ट्रीय लोकदल (खेल प्रकोष्ठ) के प्रदेश अध्यक्ष दीपक तोमर ने किया। जहां पार्टी के पदाधिकारियों के साथ कविता देवी ने संगठन को खेल के क्षेत्र में भी मजबूत बनाने का संकल्प लिया। मेरठ पहुंच कर कविता देवी ने खेल नीति, खिलाड़ियों के हितों, ग्रामीण क्षेत्रों की प्रतिभाओं को अवसर, खेल अवसंरचना के विस्तार और युवाओं के उज्ज्वल भविष्य जैसे विषयों पर अपने विचार रखे। उन्होंने कहा कि खिलाड़ियों को बेहतर सुविधाएं और अवसर उपलब्ध कराना पार्टी की प्राथमिकता है। उन्होंने कहा कि जयंत चौधरी एक मात्र ऐसे नेता हैं जो खेल के क्षेत्र में सबसे ज्यादा ध्यान देते हैं ताकि युवा अपने खेल के दम पर देश का नाम रोशन कर सके। कार्यक्रम में केंद्रीय मंत्री जयंत चौधरी द्वारा सांसद स्थानीय क्षेत्र विकास निधि का 100 प्रतिशत हिस्सा खेल अवसंरचना के विकास के लिए समर्पित करने के निर्णय की सराहना की गई। वक्ताओं ने इसे खिलाड़ियों और युवाओं के भविष्य को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बताया। इस दौरान संगीता दोहरे, नरेंद्र खजूरी, दीपक तोमर, संजय पनवाड़ी, अभिमन्यु ललसाना, ज्योति शर्मा और आर्यन चौधरी सहित पार्टी के कई पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता मौजूद रहे।
डीग के कामां रोड स्थित छः मोरा क्षेत्र में रविवार शाम एक पुराने कुएं में गौवंश गिर गया। कुएं में जहरीली गैस होने और अधिक गहराई के कारण रेस्क्यू अभियान बेहद चुनौतीपूर्ण बन गया। सूचना मिलते ही बजरंगी गौ रक्षक दल और शहर कोतवाली पुलिस मौके पर पहुंची। कई घंटों की मशक्कत, रस्सियों और अन्य उपकरणों की मदद से गौवंश को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया। घटना के बाद स्थानीय लोगों ने बचाव दल की सराहना करते हुए खुले और पुराने कुओं को सुरक्षित करने की मांग की। जहरीली गैस से चुनौतीपूर्ण बना रेस्क्यू घटना की सूचना मिलते ही बजरंगी गौ रक्षक दल के सदस्य मौके पर पहुंचे और बचाव अभियान शुरू किया। कुएं में जहरीली गैस होने के कारण अभियान जोखिम भरा हो गया। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए शहर कोतवाली पुलिस को सूचना दी गई। पुलिस ने संभाला मोर्चा शहर कोतवाली के सीआई रामनरेश मीणा, उप निरीक्षक अमर सिंह और उनकी टीम तुरंत मौके पर पहुंची। पुलिस ने घटनास्थल पर सुरक्षा व्यवस्था संभाली और बचाव दल को आवश्यक सहयोग प्रदान किया, जिससे अभियान व्यवस्थित ढंग से चलाया जा सका। घंटों की मशक्कत के बाद मिली सफलता कुएं की गहराई और जहरीली गैस के बीच बजरंगी गौ रक्षक दल के सदस्यों ने रस्सियों और अन्य उपकरणों का उपयोग कर सावधानीपूर्वक रेस्क्यू किया। कई घंटों की कड़ी मशक्कत के बाद गौवंश को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया, जिससे मौके पर मौजूद लोगों ने राहत की सांस ली। युवा नेता और गौ रक्षक दल ने निभाई अहम भूमिका बचाव अभियान के दौरान युवा नेता नरेश फौजदार भी मौके पर मौजूद रहे। उन्होंने पूरी कार्रवाई की निगरानी की और गौ रक्षक दल तथा पुलिस को आवश्यक सहयोग व व्यवस्थाएं उपलब्ध कराईं। अभियान में बजरंगी गौ रक्षक दल के रवि, दीपक, सचिन, भंवर, दुआ, कृष्णा और शंकर सहित अन्य सदस्यों ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। खुले कुओं को सुरक्षित करने की मांग स्थानीय लोगों ने बजरंगी गौ रक्षक दल और पुलिस प्रशासन की त्वरित कार्रवाई तथा साहस की सराहना की। उनका कहना था कि यदि समय पर रेस्क्यू नहीं होता तो गौवंश की जान बचाना मुश्किल हो सकता था। लोगों ने भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए खुले और पुराने कुओं को ढकने अथवा उनके चारों ओर सुरक्षा घेरा बनाने की मांग की।
VHP अध्यक्ष के पत्र पर संजय सिंह का पलटवार:राम मंदिर चढ़ावा विवाद; बोले- आलोक कुमार चोरों को बचा रहे
आम आदमी पार्टी के राज्यसभा सांसद और उत्तर प्रदेश के प्रभारी संजय सिंह ने विश्व हिन्दू परिषद के अंतर्राष्ट्रीय अध्यक्ष आलोक कुमार के पत्र पर पलटवार किया है। उन्होंने कहा कि आलोक कुमार राम मंदिर के चढ़ावा चोरों को बचा रहे हैं। अगर ऐसा नहीं होता तो उनके पत्र में राजनीति नहीं होती है। उन्होंने अपने पत्र में भाजपा, आरएसएस और वीएचपी के उन लोगों का नाम नहीं लिखा है, जिन्होंने अपनी आंखों से चोरी होते देखा है। मंदिर निर्माण का कार्य देख रहे नृपेंद्र मिश्रा ने तो कई बार कहा कि मंदिर में सिर्फ चोरी नहीं, डकैती हुई है, लेकिन पत्र में उनका भी नाम नहीं है। 5 साल तक अनजान बने रहे संजय सिंह ने कहा कि इन सब के बाद भी आलोक कुमार के पत्र का स्वागत है। मैं जांच में शामिल होने को तैयार हूं। मैं अपने साथ उन्हें भी लेकर जाऊंगा, जो दान में दिए पदुकाएं, हार, राम चरित मानस चोरी होने का आरोप लगा रहे हैं। उन्होंने कहा कि 2021 में ही मैं अयोध्या कोतवाली में तहरीर देकर जमीन खरीद घोटाले की जांच की मांग की थी, लेकिन 5 साल तक आलोक कुमार अनजान बने रहे। ऐसे में जांच अधिकारी को आलोक कुमार से भी पूछताछ करनी चाहिए कि सार्वजनिक बयान देने वालों के नाम पत्र में क्यों नहीं दिए? अब सोमवार को मैं जांच अधिकारी को एक पत्र लिखूंगा और राम मंदिर ट्रस्ट में केंद्र के प्रतिनिधि रहे ज्ञानेश कुमार से पूछताछ करने की मांग करूंगा। पूर्व गृह सचिव को नहीं मिली रसीद संजय सिंह ने कहा कि विश्व हिंदू परिषद के अंतरराष्ट्रीय अध्यक्ष आलोक कुमार ने अयोध्या में चंदा चोरी मामले की जांच कर रहे डीएसपी व जांच अधिकारी को एक चिट्ठी लिखी है। इस पत्र में उन्होंने मांग की है कि अरविंद केजरीवाल, संजय सिंह और अन्य नेताओं से पूछताछ की जाए। उन्होंने कहा कि वहां चोरी कई प्रकार की हुई है। धन की चोरी, जमीन के नाम पर चोरी, आभूषणों की चोरी और मंदिर निर्माण में 40-40 फीसद कमीशन खाने की बात है। इसके अलावा प्रभु श्री राम की पादुका, हार और शिलाएं तक चोरी हो गई हैं। एक पूर्व गृह सचिव का भी बयान आया कि एक किलो सोने से लिखी गई पवित्र राम चरित मानस भी चोरी हो गई है और उसका भी कुछ पता नहीं है। पूर्व गृह सचिव बार-बार अनुरोध करते रहे, लेकिन अब तक उन्हें इसकी कोई रसीद नहीं मिली। जमीन माफिया गैंग में सदस्य और मेयर शामिल संजय सिंह ने कहा कि इतने सब कुछ के बावजूद खुद को दुनिया का सबसे बड़ा हिंदू संगठन कहने वाले विश्व हिंदू परिषद और उसके अंतरराष्ट्रीय अध्यक्ष आलोक कुमार इन सारे मामलों से पूरी तरह अनभिज्ञ हैं और उन्हें कोई जानकारी नहीं है। वे आज डीएसपी को पत्र लिख रहे हैं, जबकि मैंने तो वर्ष 2021 में ही अयोध्या की कोतवाली में बाकायदा तहरीर दी थी कि ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय ने सुल्तान अंसारी और रवि मोहन तिवारी से 2 करोड़ रुपए की जमीन महज 5 मिनट के अंदर 18.5 करोड़ रुपए में खरीदी थी। इस जमीन माफिया गैंग में ट्रस्ट के सदस्य अनिल मिश्रा और तत्कालीन भाजपा मेयर ऋषिकेश उपाध्याय भी शामिल थे। मैंने ये सारे कागजात सौंपे थे, लेकिन आलोक कुमार 5 साल तक उन कागजातों से अनजान बने रहे। संपूर्ण प्रक्रिया का विशेष ऑडिट कराया संजय सिंह ने कहा कि आलोक कुमार इस बात से भी अनभिज्ञ हैं कि 9 और 12 जून को आम आदमी पार्टी ने नहीं, बल्कि भाजपा के ही नेता और पूर्व मीडिया प्रभारी डॉ. रजनीश सिंह ने प्रधानमंत्री मोदी को काफी विवरण के साथ चिट्ठियां लिखी थीं। संजय सिंह ने कमल के निशान वाला पत्र दिखाते हुए बताया कि भाजपा नेता डॉ. रजनीश सिंह ने प्रधानमंत्री से मांग की थी कि इस पूरे प्रकरण की ईडी और सीबीआई से जांच कराई जाए। साथ ही दान राशि के संग्रहण, गणना, परिवहन और बैंक में जमा करने की संपूर्ण प्रक्रिया का विशेष ऑडिट कराया जाए। वेबसाइड बनाकर सार्वजनिक किया जाए अभिलेख डॉ. रजनीश सिंह ने अपने पत्र में लिखा था कि यदि किसी व्यक्ति, कर्मचारी या अधिकारी की संलिप्तता पाई जाती है, तो उसके विरुद्ध कठोर वैधानिक कार्रवाई की जाए। उन्होंने यह भी मांग की थी कि यह मामला एक दिन का नहीं है, इसलिए शुरुआत से ही जमीन की खरीद-फरोख्त, मंदिर निर्माण के प्रशासनिक व्यय और अन्य मदों में खर्च की गई राशि की मदवार जांच कराई जाए। साथ ही सभी ऑडिट रिपोर्ट, लेखा परीक्षण और वित्तीय निरीक्षण संबंधी अभिलेखों को वेबसाइट बनाकर ऑनलाइन और सार्वजनिक किया जाए। संजय सिंह ने आलोक कुमार से कहा कि यह सारा पत्र मैंने नहीं, बल्कि खुद भाजपा नेता ने लिखा था, लेकिन आलोक कुमार को इसकी भी कोई जानकारी नहीं है। वर्तमान में एसआईटी जांच चल रही संजय सिंह ने बताया कि भाजपा नेता डॉ. रजनीश सिंह के पत्र पर प्रधानमंत्री मोदी ने संज्ञान लिया और प्रधानमंत्री कार्यालय ने अयोध्या के जिलाधिकारी को पत्र लिखा। इसके जवाब में अयोध्या के एडीएम इंद्रकांत द्विवेदी ने लिखा कि डॉ. रजनीश सिंह द्वारा 12 जून को प्रधानमंत्री को दी गई ऑनलाइन शिकायत के संदर्भ में श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के सचिव से वांछित सूचना मांगी गई थी। ट्रस्ट की ओर से अवगत कराया गया कि वर्तमान समय में एसआईटी जांच चल रही है और सभी सूचनाएं उनके द्वारा संकलित की जानी हैं, इसलिए इस स्तर पर ट्रस्ट से कोई भी सूचना मिल पाना संभव नहीं है। पीएम कार्यालय को जानकारी देने से इनकार संजय सिंह ने आलोक कुमार से पूछा कि क्या उन्हें इस बात की भी जानकारी नहीं है कि जब जिलाधिकारी कार्यालय ने बताया कि प्रधानमंत्री ने डॉ. रजनीश सिंह के पत्र पर जानकारी चाही, तो ट्रस्ट ने यह कहते हुए जानकारी देने से साफ मना कर दिया कि एसआईटी जांच चल रही है। ट्रस्ट ने सीधे तौर पर प्रधानमंत्री कार्यालय को कोई भी जानकारी देने से मना कर दिया। मंदिर में सिर्फ चोरी नहीं, डकैती हुई संजय सिंह ने कहा कि आलोक कुमार ने पत्र लिखने में भी बेईमानी कर दी। उन्हें अरविंद केजरीवाल, संजय सिंह और प्रो. रामगोपाल यादव का नाम तो याद रहा, लेकिन वे नृपेंद्र मिश्रा का नाम भूल गए। नृपेंद्र मिश्रा जो ट्रस्ट में प्रभु श्री राम के मंदिर निर्माण का कार्य देखते हैं, उन्होंने एक नहीं बल्कि कई इंटरव्यू में स्पष्ट कहा है कि राम मंदिर में सिर्फ चोरी नहीं हुई है, डकैती हुई है। आलोक कुमार ने उनका नाम क्यों नहीं लिखा और नृपेंद्र मिश्रा से पूछताछ क्यों नहीं होनी चाहिए? वे तो ट्रस्ट के एक सम्मानित और निर्माण कार्य देखने वाले व्यक्ति हैं। जब वे खुद कह रहे हैं कि डकैती हो रही है, तो उनका नाम पत्र में क्यों नहीं लिखा गया। मंदिर बनवाने में 40 फीसद कमीशन संजय सिंह ने कहा कि पूर्व भाजपा सांसद विनय कटियार कह रहे हैं कि वहां चोरी, बेईमानी और भ्रष्टाचार हुआ है, लेकिन उनका नाम भी आलोक कुमार ने नहीं लिखा कि उनसे पूछताछ होनी चाहिए। मंदिर आंदोलन के प्रमुख चेहरे रहे महंत धर्मदास ने भी वहां चोरी और भ्रष्टाचार होने की बात कही है, लेकिन उनका नाम भी पत्र में नहीं है। ट्रस्ट के अध्यक्ष महंत नृत्य गोपाल दास के उत्तराधिकारी कमल नयन दास ने भी कहा कि वहां चोरी और भ्रष्टाचार हो रहा है, लेकिन उनका नाम भी पत्र से गायब है। इंजीनियर दीनानाथ वर्मा ने आरोप लगाया कि अनिल मिश्रा मंदिर बनवाने में 40 फीसद कमीशन खाते थे, लेकिन उनका नाम भी पूछताछ के लिए नहीं लिखा गया। चोरों को बचाने का काम कर रहे आलोक संजय सिंह ने बताया कि विश्व हिंदू परिषद और आरएसएस के ही व्यक्ति महिपाल सिंह ने सार्वजनिक बयान दिया था कि वर्ष 2020-21 में ही उन्होंने बता दिया था कि मंदिर के चढ़ावे में चोरी हो रही है। उन्होंने इसकी जानकारी गोपाल राव को दी, गोपाल राव ने चंपत राय को बताया और फिर चंपत राय ने उल्टा महिपाल सिंह को ही निकालकर बाहर कर दिया। संजय सिंह ने आलोक कुमार से पूछा कि महिपाल सिंह का नाम पत्र में क्यों नहीं लिखा गया। इसका सीधा मतलब यह है कि आलोक कुमार चोरों को बचाने का काम कर रहे हैं। पूछताछ तो खुद आलोक कुमार से होनी चाहिए कि उन्होंने सार्वजनिक बयान देने वाले इन प्रत्यक्षदर्शियों के नाम जांच अधिकारी को क्यों नहीं दिए ताकि इन्हें बुलाकर पूछताछ की जा सके। श्री राम की पादुकाएं और हार चोरी संजय सिंह ने कहा कि इसके बावजूद मैं आलोक कुमार के पत्र का स्वागत करता हूं और अयोध्या के जांच कर रहे डीएसपी से कहना चाहता हूं कि वे मुझे बुलाएं। मेरी सुबह से बहुत सारे लोगों से बातचीत हो चुकी है और मैं सभी से संपर्क करके उन सबको अपने साथ ले जाऊंगा। मैं उन लोगों को भी ले जाऊंगा जो कह रहे हैं कि उनकी 60 किलो और 200 किलो चांदी चोरी हो गई है। जो कह रहे हैं कि प्रभु श्री राम की पादुकाएं और हार चोरी हो गए हैं। मैं पूर्व गृह सचिव को भी ले जाने का प्रयास करूंगा, जो कह रहे हैं कि एक किलो सोने से जड़ी पवित्र राम चरित मानस चोरी हो गई है। मैं संतोष दुबे से भी बातचीत करके उन्हें ले जाऊंगा, जो कह रहे हैं कि चांदी की प्राण-प्रतिष्ठित राम शिलाएं और मॉरीशस से आई एक बहुमूल्य राम शिला भी चोरी हो गई है। पत्र में बेईमानी साफ तौर पर दिख रही संजय सिंह ने आलोक कुमार से कहा कि उन्होंने पत्र लिखकर अच्छा किया, लेकिन उनके पत्र में बेईमानी और उनके मन का चोर साफ तौर पर दिख रहा है। उन्होंने उन लोगों के नाम जानबूझकर नहीं लिखे जो वास्तव में मंदिर की व्यवस्था में शामिल थे, जो अपनी आंखों से देख रहे थे कि वहां रोजाना चोरी का कार्य चल रहा है और जिनके पास इसके पुख्ता साक्ष्य और प्रमाण मौजूद हो सकते हैं। 20 लाख की जमीन 2.5 करोड़ में खरीदी संजय सिंह ने बताया कि लोगों को लग रहा था कि यह मजाक है, लेकिन जैसे ही एसआईटी ने मुझे बुलाया, मैं 13 महत्वपूर्ण दस्तावेज वहां देकर आ चुका हूं। मेरे पास और भी नए दस्तावेज आ गए हैं, जिनका मैं जल्द ही खुलासा करूंगा। इसके बाद दूध का दूध और पानी का पानी हो जाएगा। पूरे देश को पता चल जाएगा कि 2 करोड़ रुपए की जमीन 18.5 करोड़ में, 9 करोड़ की जमीन 55 करोड़ में और नजूल की जमीन 24 करोड़ में खरीदने वाले चंपत राय अभी भी जेल से बाहर कैसे हैं। 92 लाख की जमीन को 5 करोड़ 60 लाख में खरीदा। तत्कालीन भाजपा मेयर ऋषिकेश उपाध्याय के भतीजे दीप नारायण से 20 लाख की जमीन 2.5 करोड़ में खरीदी गई और जो जमीन दीप नारायण को मुफ्त में मिली थी, उसे 1 करोड़ में खरीदा गया। चंपत राय का केवल महासचिव पद से इस्तीफा संजय सिंह ने कहा कि ये तमाम कागजात एसआईटी को देने के बावजूद बड़े अफसोस की बात है कि अभी भी लीपापोती चल रही है। कहा जा रहा है कि चंपत राय ने केवल महासचिव पद से इस्तीफा दिया है, अभी ट्रस्ट से इस्तीफा नहीं दिया है। भारत के प्रधानमंत्री, उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री और पूरी चंदा चोर पार्टी भाजपा इस पूरे चंदा चोरी प्रकरण में मजबूती के साथ चोरों के बचाव में खड़ी है। जांच अधिकारी को एक पत्र लिखूंगा संजय सिंह ने एलान किया कि मैं भी सोमवार को जांच अधिकारी को एक पत्र लिखूंगा और मांग करूंगा कि चार साल तक ट्रस्ट के सदस्य के रूप में केंद्र सरकार और मोदी जी के प्रतिनिधि रहे ज्ञानेश कुमार से भी पूछताछ होनी चाहिए, क्योंकि ये सारी खरीद-फरोख्त उनकी पूरी जानकारी में हुई है। मैं पत्र में उन सभी लोगों के नाम लिखूंगा, जिन्हें आलोक कुमार अपनी चिट्ठी में भूल गए हैं या जिनके बारे में वे गजनी मोड में चले गए हैं। मैं तहरीर देकर शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद का जिक्र भी करूंगा। आनन-फानन में राम फकीर मंदिर तुड़वाया संजय सिंह ने बताया कि अभी यह जानकारी सामने आ रही है कि चंपत राय ने आनन-फानन में राम फकीर मंदिर ही पूरा तुड़वा दिया है। मैं इसकी गहनता से जानकारी जुटाकर इस विषय को भी मजबूती से सामने रखूंगा। उल्टा चोर कोतवाल को डांटे वाली यह धमकी और पत्र लिखकर बंदर घुड़की देने का प्रयास आम आदमी पार्टी के साथ बिल्कुल नहीं चलेगा।
शेखपुरा में भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (भाकपा) की जिला परिषद की बैठक रविवार को कार्यानंद शर्मा भवन में चंद्र भूषण प्रसाद की अध्यक्षता में संपन्न हुई। इस बैठक में आगामी आंदोलनों की रूपरेखा तैयार की गई। पार्टी ने घोषणा की कि वह 06 से 15 अगस्त तक पूरे जिले में 'गांव-गांव पाव-पाव' पदयात्रा निकालेगी। इस यात्रा के माध्यम से केंद्र और राज्य की 'डबल इंजन' सरकार की नाकामियों से जनता को अवगत कराया जाएगा। इसके अतिरिक्त, 01 सितंबर को दिल्ली में एक विशाल रैली आयोजित करने की योजना है। पेपर लीक और महिला अत्याचार पर मार्च भाकपा 15 जुलाई को पटना में बिहार राज्य किसान सभा, बिहार राज्य खेत मजदूर यूनियन सहित अन्य जन संगठनों द्वारा आयोजित विधानसभा मार्च का समर्थन करेगी। यह मार्च पेपर लीक, महिला अत्याचार, दलित उत्पीड़न, श्रमिकों पर हमले, बुलडोजर और एनकाउंटर राज जैसे मुद्दों के खिलाफ होगा। 12 सालों में 31 बार पेपर लीक बैठक को संबोधित करते हुए भाकपा राज्य सचिव मंडल सदस्य इरफान अहमद फातमी ने केंद्र और राज्य की सरकारों पर सभी मोर्चों पर विफल रहने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि भाजपा-एनडीए की मोदी सरकार के 12 वर्षों के कार्यकाल में 31 बार पेपर लीक हुए हैं और संवैधानिक संस्थाओं को कथित तौर पर बर्बाद कर दिया गया है। 'ऑपरेशन सिंदूर' पर झूठ बोला फातमी ने 'ऑपरेशन सिंदूर' में शहीद हुए जवानों के संबंध में सरकार पर संसद में झूठ बोलने का आरोप भी लगाया। उन्होंने देशभर में विभिन्न पार्टियों के सांसदों और विधायकों की खरीद-फरोख्त का मुद्दा उठाया। फातमी ने अयोध्या स्थित राम मंदिर में ढाई साल में 700 करोड़ रुपये के चढ़ावे की चोरी होने और इस मामले में 'संघ परिवार' को बचाने का आरोप लगाया। उन्होंने केंद्र और राज्य सरकारों को 'झूठ और लूट' की सरकार बताते हुए इन्हें दलित, अल्पसंख्यक, महिला, किसान, मजदूर, छात्र और नौजवान विरोधी करार दिया। जनता पर 'कहर ढाने' का आरोप इरफान अहमद फातमी ने बिहार में बनी भाजपा सरकार पर जनादेश की अवहेलना करने और जनता पर 'कहर ढाने' का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि गरीबों, भूमिहीनों और शहरी फुटपाथ दुकानदारों को जबरन उजाड़ा जा रहा है। सेटेलाइट टाऊनशीप के नाम पर बिहार के किसानों से उनकी लाखों एकड़ जमीन बिना किसी तरह का मुआवजा दिए अडानी-अंबानी सहित अन्य कारपोरेट घरानों को मुफ्त में दी जा रही है ।महंगाई , भ्रष्टाचार , वेरोजगारी , गरीबी , पलायन एवं बढ़ते अपराध से आम लोग त्रस्त हैं । फर्जी एनकाउंटर कर आम लोगों की हत्या कहीं पुलिस द्वारा फर्जी एनकाउंटर कर आमलोगों की हत्या की जा रही है , तो कहीं दलितों को मंदिर में पीट - पीटकर हत्या की जा रही है ।फातमी ने सुशासन वाली सरकार में मची लूट का जिक्र करते हुए कहा कि बिहार के प्रशासनिक नौकरशाहों , सत्ता संपोषित ठेकेदारों तथा सफेदपोश सत्ताधारी राजनेताओं के गठजोड़ की कलई खुल रही है । बिहार के खजाने की लूट को ढ़कने का प्रयास रिशुश्री मामले की जांच सीबीआई से पटना हाईकोर्ट की देख रेख में होनी चाहिए ।बिहार के खजाने की लूट को ढ़कने का प्रयास हो रहा है । खजाना खाली होने से राज्यकर्मियों के वेतन - पेंशन के भुगतान के संकट की खबरें आ रही है । सामाजिक सुरक्षा पेंशन योजना के लाभार्थियों को पेंशन नहीं मिल रही है । बिहार के किसान , मजदूर छात्र , नौजवान , महिलाओं तथा आम जनता परेशान तथा बदहाल है । ऐसी परिस्थिति में बिहार के विभिन्न जनसंगठनों ने 15 जुलाई को विधान सभा के समक्ष विशाल प्रदर्शन का आह्वान किया है ।
माँ गोदावरी आनंदवन आश्रम में रविवार को सन टू ह्यूमन फाउंडेशन के सहयोग से योग, प्राणायाम एवं स्वास्थ्य जागरूकता शिविर आयोजित किया गया। शिविर में आश्रम में रहने वाले बुजुर्गों के साथ फाउंडेशन के साधक, योग प्रेमी और प्रबुद्धजन शामिल हुए। प्रशिक्षकों ने प्रतिभागियों को योगासन, प्राणायाम, ध्यान और सूक्ष्म व्यायाम का अभ्यास कराया तथा नियमित योग के शारीरिक और मानसिक लाभों की जानकारी दी। आश्रम ट्रस्ट के योगेश तिवारी ने कहा कि बुजुर्गों की सेवा और उनके स्वास्थ्य का संरक्षण समाज की सामूहिक जिम्मेदारी है। उन्होंने बताया कि आश्रम में बुजुर्गों के लिए नियमित योग, स्वास्थ्य परीक्षण, आध्यात्मिक प्रवचन और सांस्कृतिक गतिविधियों का आयोजन किया जाता है, जिससे उन्हें परिवार जैसा वातावरण और बेहतर जीवन मिल सके। योगेश तिवारी ने कहा कि बदलती जीवनशैली में योग की उपयोगिता पहले से अधिक बढ़ गई है। नियमित योग और प्राणायाम से कई बीमारियों से बचाव के साथ मानसिक तनाव भी कम होता है। उन्होंने लोगों से योग को दैनिक जीवन का हिस्सा बनाने और परिवार व समाज में इसके प्रति जागरूकता बढ़ाने की अपील की। कार्यक्रम के अंत में सभी प्रतिभागियों ने नियमित योग करने और स्वस्थ जीवनशैली अपनाने का संकल्प लिया। इस दौरान महादेव बराल, गोपाल अग्रवाल, योगेश अग्रवाल, डॉ. सी.पी. सेन सहित माँ गोदावरी आनंदवन परिवार के सदस्य और बड़ी संख्या में प्रबुद्धजन उपस्थित रहे।
श्योपुर जिले के बरगवां थाना क्षेत्र में एक 40 वर्षीय व्यक्ति ने अपने घर में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। मृतक की पहचान बजरंग सेन पुत्र शंकरलाल सेन के रूप में हुई है। घटना के बाद परिजन उन्हें तत्काल जिला अस्पताल ले गए, जहां डॉक्टरों ने जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया। सूचना मिलने पर बरगवां थाना पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने शव का पंचनामा बनाकर पोस्टमार्टम कराया और उसके बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया। बरगवां थाना पुलिस ने 5 जुलाई को मर्ग क्रमांक 11/26, धारा 194 बीएनएसएस के तहत मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस आत्महत्या के कारणों का पता लगाने के लिए परिजनों से पूछताछ कर रही है। फिलहाल आत्महत्या के पीछे की वजह स्पष्ट नहीं हो सकी है। पीएम रिपोर्ट के आधार पर करेंगे कार्रवाई थाना प्रभारी श्यामवीर तोमर ने बताया कि पुलिस ने मर्ग कायम कर मामले की जांच शुरू कर दी है। उन्होंने कहा कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। पुलिस सभी पहलुओं को ध्यान में रखते हुए मामले की पड़ताल कर रही है ताकि आत्महत्या के वास्तविक कारणों का पता लगाया जा सके।
कोटपूतली में सैनी विकास संगठन की बैठक:सर्वसम्मति से नई कार्यकारिणी गठित, 20 नवंबर विवाह सम्मेलन होगा
कोटपूतली आदर्श नगर स्थित सैनी सभा भवन कार्यालय में सैनी विकास संगठन (रजि.) की बैठक आयोजित की गई। प्रधान संरक्षक देवी सहाय सैनी की अध्यक्षता में हुई इस बैठक में आगामी सामूहिक विवाह सम्मेलन के लिए नई कार्यकारिणी का गठन किया गया। इस दौरान चार जोड़ों का पंजीकरण भी किया गया। बैठक में सर्वसम्मति से बबलू बबेरवाल को अध्यक्ष बनाया गया। वहीं दाताराम सैनी और आनंद दुवारिया को उपाध्यक्ष नियुक्त किया गया। संजय दहिया को सचिव, लक्ष्मण बागड़ी और मोहित सैनी को कोषाध्यक्ष तथा नरेश सैनी और रविन्द्र सैनी को प्रचार मंत्री की जिम्मेदारी सौंपी गई। 20 नवंबर को होगा विशाल सम्मेलन संगठन का 7वां विशाल सामूहिक विवाह सम्मेलन 20 नवंबर 2026 (शुक्रवार, देवउठनी एकादशी) को आयोजित किया जाएगा। इस अवसर पर परिचय सम्मेलन भी होगा। इसके पूर्व कई परिचय सम्मेलन आयोजित किए जाएंगे, जिनकी तिथियां 2 अगस्त, 16 अगस्त, 6 सितंबर, 20 सितंबर, 4 अक्टूबर और 21 अक्टूबर तय की गई हैं। गांव-गांव तक होगा प्रचार बैठक में निर्णय लिया गया कि सम्मेलन का व्यापक प्रचार-प्रसार गांव-गांव और ढाणी-ढाणी तक किया जाएगा, ताकि अधिक से अधिक जोड़ों का पंजीकरण सुनिश्चित हो सके। इस अवसर पर श्यामलाल सैनी, राधेश्याम सैनी और प्रमोद सैनी सहित कई सदस्य मौजूद रहे।
रायपुर पुलिस अब अपराधों की जांच में पूरी तरह डिजिटल तकनीक का सहारा लेगी। पुलिस मुख्यालय के निर्देश पर रायपुर पुलिस कमिश्नरेट के 308 विवेचकों को ई-साक्ष्य (इलेक्ट्रॉनिक एविडेंस) संकलन के लिए स्मार्टफोन उपलब्ध कराए गए हैं। पुलिस कमिश्नर डॉ. संजीव शुक्ला ने पुलिस कमिश्नर कार्यालय में आयोजित कार्यक्रम में विवेचकों को मोबाइल फोन वितरित कर इस नई व्यवस्था की शुरुआत की। इन कामों में अब होगी आसानी इन स्मार्टफोन की मदद से विवेचक अब घटनास्थल पर ही फोटो, वीडियो, ऑडियो रिकॉर्डिंग और अन्य डिजिटल साक्ष्य सुरक्षित तरीके से जुटा सकेंगे। इसके साथ ही साक्ष्यों का ऑनलाइन दस्तावेजीकरण और विभिन्न तकनीकी प्लेटफॉर्म से समन्वय भी आसान होगा। पुलिस का मानना है कि इससे विवेचना अधिक वैज्ञानिक, पारदर्शी और समयबद्ध बनेगी। पुलिस कमिश्नर डॉ. संजीव शुक्ला ने विवेचकों को निर्देश दिए कि वे डिजिटल ऐप्स, ई-साक्ष्य प्रोटोकॉल और डेटा सुरक्षा के नियमों का पूरी जिम्मेदारी के साथ पालन करें। उन्होंने कहा कि तकनीक आधारित विवेचना से अपराधों के खुलासे में तेजी आएगी और न्यायालय में पेश किए जाने वाले साक्ष्य अधिक विश्वसनीय होंगे। इससे दोषियों को सजा दिलाने में भी मदद मिलेगी। पहल डिजिटल पुलिसिंग नीति का हिस्सा यह पहल राज्य पुलिस मुख्यालय की डिजिटल पुलिसिंग नीति का हिस्सा है, जिसका उद्देश्य अपराध जांच को आधुनिक तकनीक से जोड़ना और न्यायिक प्रक्रिया को मजबूत बनाना है। आगामी दिनों में विवेचकों को ई-साक्ष्य संकलन, डिजिटल रिपोर्टिंग और डेटा सुरक्षा से संबंधित विशेष प्रशिक्षण भी दिया जाएगा। जांच में होगा सुधार पुलिस अधिकारियों के अनुसार, नई व्यवस्था से केस डायरी तैयार करने, घटनास्थल के साक्ष्य सुरक्षित रखने और जांच की गुणवत्ता में उल्लेखनीय सुधार होगा। साथ ही जांच में लगने वाला समय कम होगा और डिजिटल रिकॉर्डिंग के कारण साक्ष्यों की प्रमाणिकता भी बढ़ेगी। रायपुर पुलिस का मानना है कि यह पहल आधुनिक और स्मार्ट पुलिसिंग की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम साबित होगी।
किशनगंज जिले के कोचाधामन प्रखंड स्थित बिशनपुर थाना क्षेत्र में 40 वर्षीय रिजवान आलम की हत्या के मामले में पुलिस ने जांच तेज कर दी है। वारदात के 36 घंटे बाद भी हत्या के कारणों का आधिकारिक खुलासा नहीं हो सका है। पुलिस ने मृतक की पत्नी और एक संदिग्ध व्यक्ति को हिरासत में लिया है। एसडीपीओ खुसरू सिराज ने बताया कि मृतक के पिता के आवेदन पर बिशनपुर थाना में प्राथमिकी दर्ज की गई है। एफआईआर में मृतक की पत्नी के कथित अवैध संबंधों का उल्लेख है। इसी आधार पर पुलिस ने विभिन्न पहलुओं से जांच शुरू करते हुए मृतक की पत्नी से गहन पूछताछ की है। धारदार हथियार से हत्या कर फरार हो गए इस हत्याकांड को लेकर सबसे बड़ा सवाल यह है कि जब पति-पत्नी एक ही बिस्तर पर सो रहे थे, तब हमलावर कमरे में दाखिल होकर धारदार हथियार से हत्या कर फरार हो गए और पत्नी को इसकी भनक तक कैसे नहीं लगी। पुलिस इसी रहस्य को सुलझाने में जुटी हुई है। यह घटना शनिवार को बिशनपुर हाई स्कूल चौक के समीप स्थित घर में हुई थी। रिजवान आलम की धारदार हथियार से सिर और गर्दन पर हमला कर हत्या कर दी गई थी। मृतक टंगटंगी गांव निवासी मो. आलम का पुत्र था। वह पिछले तीन वर्षों से कुवैत में एक फूल की दुकान में काम करता था और करीब दो माह पूर्व ही घर लौटा था। पति को खून से लथपथ हालत में देखामृतक की पत्नी के अनुसार, वह अपने पति और छोटी बेटी के साथ घर की ऊपरी मंजिल के कमरे में सो रही थी। गर्मी के कारण कमरे का दरवाजा खुला हुआ था। देर रात करीब तीन बजे बेटी को बाथरूम ले जाने के लिए जब वह उठी, तो उसे अपना मोबाइल नहीं मिला। इसके बाद उसने लाइट जलाई और पति को खून से लथपथ हालत में देखा। उसके शोर मचाने पर आसपास के लोग मौके पर पहुंचे और पुलिस को सूचना दी गई। पुलिस के अनुसार, मृतक की पत्नी ने यह भी दावा किया है कि घटना से पहले ही पति-पत्नी दोनों के मोबाइल फोन गायब थे। डिजिटल साक्ष्यों को खंगाला जा रहालेकिन जांच टीम इस बयान की भी पड़ताल कर रही है। मोबाइल फोन की लोकेशन, कॉल डिटेल रिकॉर्ड (सीडीआर) और अन्य डिजिटल साक्ष्यों को खंगाला जा रहा है। पुलिस को घटनास्थल और आसपास से कुछ महत्वपूर्ण सुराग मिले हैं, जिनके आधार पर जांच आगे बढ़ाई जा रही है। रिजवान आलम अपने पीछे तीन बच्चों को छोड़ गए हैं। बड़ा बेटा फैजान इलाही (14 वर्ष) रहमानगंज में रहकर पढ़ाई करता है, जबकि दो छोटी बेटियां क्रमशः 7 और 4 वर्ष की हैं। घटना के बाद परिवार में मातम पसरा हुआ है। वृद्ध माता-पिता, पत्नी और अन्य परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। आसपास के क्षेत्रों में लोगों की भारी भीड़ जुट गईघटना की खबर फैलते ही बिशनपुर हाई स्कूल चौक और आसपास के क्षेत्रों में लोगों की भारी भीड़ जुट गई। पूरे इलाके में इस हत्याकांड को लेकर चर्चा का माहौल बना हुआ है। बिशनपुर थाना अध्यक्ष अंजनी तिवारी ने बताया कि पुलिस सभी पहलुओं की गहन जांच कर रही है। वैज्ञानिक और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर मामले की तफ्तीश आगे बढ़ाई जा रही है। जांच में फॉरेंसिक साइंस लैब (एफएसएल) और डॉग स्क्वायड की भी मदद ली जाएगी। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामला बेहद संवेदनशील और संदिग्ध परिस्थितियों वाला है। जांच पूरी होने के बाद ही हत्या के वास्तविक कारणों और आरोपियों की भूमिका का खुलासा किया जाएगा। पुलिस का दावा है कि जल्द ही मामले का पर्दाफाश कर दोषियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
उदयपुर के पानेरियों की मादड़ी में मेनारिया समाज ने अपनी सदियों पुरानी अनूठी परंपरा को इस साल भी पूरी श्रद्धा के साथ निभाया। मेवाड़ क्षेत्र में अच्छी बारिश, सुख-समृद्धि और देश की खुशहाली की कामना को लेकर रविवार को होली चौक नोहरे में भगवान श्री चारभुजा नाथजी की पारंपरिक सामूहिक महाप्रसादी का आयोजन किया गया। करीब 300 साल से चली आ रही इस धार्मिक परंपरा में समाज के हर एक परिवार ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। इस खास मौके पर भगवान चारभुजा नाथ को 11 क्विंटल चूरमा, चावल और दाल का महाभोग लगाया गया। आयोजन के दौरान समाज की महिलाओं ने पारंपरिक मंगल गीत गाए और इंद्रदेव से अच्छी बारिश व जनकल्याण की प्रार्थना की। महाप्रसादी में समाज के करीब 700 परिवारों के 6000 से ज्यादा महिला, पुरुष और बच्चों ने एक साथ मिलकर प्रसाद ग्रहण किया। इस बड़े आयोजन की व्यवस्थाओं को संभालने में समाज के सैकड़ों युवाओं ने दिनभर सेवा की और श्रमदान दिया। ग्राम सभा के अध्यक्ष बंशीलाल मेनारिया ने बताया कि रियासतकाल से ही मेनारिया समाज का मुख्य व्यवसाय खेती-बाड़ी रहा है। पुराने समय में जब समय पर बारिश नहीं होती थी, तब इंद्रदेव को प्रसन्न करने के लिए भगवान चारभुजा नाथ की महाप्रसादी रखने की यह परंपरा शुरू हुई थी। इसे समाज आज भी पूरी निष्ठा से निभा रहा है। उन्होंने बताया कि मेनारिया समाज की एक खास परंपरा यह भी है कि किसी भी सामूहिक प्रसादी या सामाजिक कार्यक्रम में सबसे पहले मातृशक्ति यानी महिलाओं को सम्मानपूर्वक भोजन कराया जाता है, उसके बाद ही पुरुष प्रसाद ग्रहण करते हैं। ग्राम सभा के प्रवक्ता कैलाश मेनारिया ने बताया कि बरसों से समाज में यह अटूट विश्वास रहा है कि इस महाप्रसादी के आयोजन के बाद मेवाड़ संभाग में अच्छी बारिश जरूर होती है। इसी गहरी आस्था के चलते समाज के सभी परिवार मिलकर आर्थिक सहयोग करते हैं और श्रमदान के जरिए इस ऐतिहासिक परंपरा को लगातार आगे बढ़ा रहे हैं।इस भव्य धार्मिक कार्यक्रम में ग्राम सभा के महामंत्री किशनलाल नेतावत, कोषाध्यक्ष कैलाश सखावत सहित ग्राम सभा के सभी पदाधिकारी और समाज के कई गणमान्य लोग मौजूद रहे।
गोरखपुर में बरसात के दिनों में जलभराव से परेशान किसानों की समस्याओं को लेकर भाजपा के निवर्तमान जिलाध्यक्ष युधिष्ठिर सिंह और निवर्तमान जिला महामंत्री सबल सिंह पालीवाल ने रविवार को दोपहर 2:00 बजे लखनऊ में उत्तर प्रदेश के जलशक्ति मंत्री स्वतंत्रदेव सिंह से मुलाकात की। दोनों नेताओं ने अलग-अलग ज्ञापन सौंपकर सहजनवा और बांसगांव विधानसभा क्षेत्र के किसानों की लंबे समय से चली आ रही जल निकासी की समस्याओं का जल्द समाधान कराने की मांग की। चोरमा नाले की सफाई से किसानों को मिलेगी राहत युधिष्ठिर सिंह ने बताया कि सहजनवा विधानसभा के पाली ब्लॉक का चोरमा नाला बखिरा झील से निकलकर कई गांवों से होते हुए राप्ती नदी में मिलता है। वर्षों से गाद भरने और कई जगह अतिक्रमण होने के कारण बरसात का पानी समय पर नहीं निकल पाता। इससे हजारों एकड़ खेती की जमीन में पानी भर जाता है और किसानों को धान समेत दूसरी फसलों की बुआई में देरी का सामना करना पड़ता है। उन्होंने नाले की सफाई, खुदाई, पैमाइश कर अतिक्रमण हटाने और जरूरत वाले स्थानों पर मोटर पंप लगाने की मांग की। बड़ा फाटक बनने से आसान होगी खेती सबल सिंह पालीवाल ने बांसगांव विधानसभा के गगहा ब्लॉक की समस्या उठाते हुए बताया कि गगहा-रकहट मार्ग पर सिंचाई विभाग का पुराना फाटक पानी की निकासी के लिए पर्याप्त नहीं है। बरसात में ताल का पानी धीरे-धीरे निकलने से खेत लंबे समय तक जलमग्न रहते हैं। इससे रबी की बुआई देर से होती है और किसानों की पैदावार भी प्रभावित होती है। उन्होंने यहां अधिक क्षमता वाला नया फाटक बनवाने की मांग की, ताकि पानी तेजी से निकल सके और खेत समय पर खेती के लिए तैयार हो सकें। जल्द कार्रवाई की मांग दोनों नेताओं ने जलशक्ति मंत्री से कहा कि यदि इन दोनों परियोजनाओं पर जल्द काम शुरू होता है तो गोरखपुर के हजारों किसानों को हर साल होने वाले जलभराव से राहत मिलेगी। समय पर बुआई होगी, फसलों का नुकसान कम होगा और किसानों की आय बढ़ाने में भी मदद मिलेगी। उन्होंने किसानों के हित में संबंधित विभाग को जल्द आवश्यक निर्देश देने की मांग की।
लखनऊ के हजरतगंज स्थित उत्तर प्रदेश हिंदी संस्थान के निराला सभागार में रविवार को साहित्य और संस्कृति का संगम हुआ। सर्वजन हिताय साहित्यिक समिति ने वार्षिक सारस्वत सम्मान समारोह का आयोजन किया, जिसमें प्रदेश के विभिन्न जनपदों से आए साहित्यकारों और साहित्य प्रेमियों ने भाग लिया। समारोह का मुख्य आकर्षण विभिन्न विधाओं में उल्लेखनीय योगदान देने वाले सात साहित्यकारों को सारस्वत सम्मान से सम्मानित करना रहा। इस दौरान साहित्य, समाज और संस्कृति के परस्पर संबंधों पर भी विस्तृत चर्चा की गई। साहित्यकार समाज का पथप्रदर्शक होता है कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे लखनऊ विश्वविद्यालय के पूर्व प्रो. डॉ. सूर्य प्रसाद दीक्षित ने कहा कि साहित्यकार समाज का पथप्रदर्शक होता है। उनकी रचनाएं समाज को सही दिशा देने और मानवीय मूल्यों को स्थापित करने का सशक्त माध्यम हैं। उन्होंने साहित्य की भूमिका को समाज के निर्माण और संस्कारों के संरक्षण में महत्वपूर्ण बताया। सर्वजन हिताय साहित्यिक समिति के अध्यक्ष अशोक कुमार पांडेय ने समिति की गतिविधियों और साहित्यिक सरोकारों पर प्रकाश डाला। समिति के सचिव अनन्त प्रकाश तिवारी और डॉ. हरिशंकर मिश्र ने भी साहित्य के सामाजिक दायित्वों पर अपने विचार व्यक्त किए। समारोह में वरिष्ठ साहित्यकार डॉ. शिवओम अंबर ने अपनी रचनाओं का पाठ किया। उनकी काव्य प्रस्तुति को श्रोताओं ने सराहा। इन विभूतियों को सम्मानित किया गया इस अवसर पर डॉ. जीवन शुक्ल (कन्नौज), डॉ. दयाराम मौर्य (प्रतापगढ़), अंजनी कुमार सिंह (रायबरेली), डॉ. मधु प्रधान (कानपुर), महेंद्र भीष्म (लखनऊ), धीरज मिश्र (रायबरेली) और सुनील कुमार वाजपेयी (लखनऊ) को सारस्वत सम्मान से सम्मानित किया गया। सम्मानित साहित्यकारों ने इसे अपने साहित्यिक जीवन का महत्वपूर्ण पड़ाव बताया और समिति के प्रति आभार व्यक्त किया।
चूरू के तारानगर थाना क्षेत्र के खरतवास गांव में रविवार को दिल दहला देने वाला हादसा हो गया। नहर में डूबने से जेठ और बहू की मौत हो गई। बहू को बचाने के प्रयास में जेठ ने भी नहर में छलांग लगा दी, लेकिन तेज बहाव के कारण दोनों की जान चली गई। ग्रामीणों और पुलिस ने बहू का शव तुरंत बाहर निकाल लिया, जबकि गोताखोर ने घंटों की मशक्कत के बाद जेठ का शव बरामद किया। घटना के बाद पूरे गांव में शोक की लहर दौड़ गई। खेत में काम के दौरान हुआ हादसा तारानगर थानाधिकारी सतपाल बिश्नोई ने बताया कि खरतवास निवासी जयवीर धानक की रिपोर्ट के अनुसार, रविवार दोपहर गांव के प्रेमसिंह के खेत में राजूराम (38) और उनकी बहू धापा देवी (36) मूंगफली की फसल की निराई-गुड़ाई कर रहे थे। इसी दौरान धापा देवी खेत के पास से गुजर रही नहर से पानी निकालने गई थी। पैर फिसला, बचाने के प्रयास में दूसरी जान भी गई नहर से पानी निकालते समय धापा देवी का अचानक पैर फिसल गया और वह पानी में गिर गई। उनकी चीख सुनकर राजूराम तुरंत मौके पर पहुंचा और धापा देवी बचाने के लिए बिना देर किए नहर में कूद गया। हालांकि, नहर में पानी का बहाव तेज होने के कारण दोनों बह गए और डूबने से उनकी मौत हो गई। ग्रामीणों और गोताखोर की मदद से निकाले गए शव घटना की सूचना मिलते ही तारानगर थाना पुलिस मौके पर पहुंची। थानाधिकारी सतपाल बिश्नोई के नेतृत्व में ग्रामीणों की मदद से धापा देवी का शव जल्द ही बाहर निकाल लिया गया। वहीं, तेज बहाव में बह गए राजूराम की तलाश के लिए गोताखोर नरेंद्र गगोर को बुलाया गया। उन्होंने कई घंटे की मशक्कत के बाद शाम को राजूराम का शव भी नहर से बाहर निकाला। पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंपे पुलिस ने दोनों शवों को मोर्चरी में रखवाया। देर शाम पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिए गए। पोस्टमार्टम के दौरान धापा देवी के पीहर पक्ष के लोग भी मौजूद रहे। एक ही परिवार पर टूटा दुखों का पहाड़ इस हादसे ने पूरे परिवार को गहरे सदमे में डाल दिया। धापा देवी और राजूराम की पत्नी सगी बहनें हैं और दोनों की शादी एक ही परिवार में हुई थी। हादसे के बाद खरतवास गांव में शोक का माहौल है।
गुरुग्राम सड़क हादसों में दो युवकों की मौत:एक स्कूटी से दिल्ली लौट रहा था; इनोवा कार से टकराई
गुरुग्राम में दो अलग-अलग सड़क हादसों में दो युवकों की मौत हो गई। पुलिस ने दोनों मामलों में मृतकों के परिजनों की शिकायत पर अज्ञात वाहन ड्राइवरों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 281 और 106 के तहत मुकदमे दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। सेक्टर-18 क्षेत्र के इफको चौक पर हुए हादसे में मृतक संदीप के छोटे भाई पवन ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि संदीप दिल्ली में एक निजी कंपनी में ड्राइवर था। 4 जुलाई को वह निजी काम से गुरुग्राम आया था। दोपहर करीब 12:30 बजे वह अपनी नीले रंग की मैस्ट्रो स्कूटी से दिल्ली लौट रहा था। कार से टकराई स्कूटी आरोप है कि उसके आगे चल रही सफेद रंग की इनोवा कार (HR26 FL0621) के ड्राइवर ने लापरवाही से अचानक दाईं ओर वाहन मोड़ दिया, जिससे स्कूटी कार से टकरा गई। हादसे में संदीप गंभीर रूप से घायल हो गया। उसे तुरंत सेक्टर-10 के सरकारी अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और शव को पोस्टमार्टम के लिए शवगृह में रखवाया। परिजनों की शिकायत पर मामला दर्ज कर लिया गया है। एक्टिवा और मर्सिडीज कार की टक्कर वहीं बादशाहपुर क्षेत्र में वाटिका चौक फ्लाईओवर पर सोहना से गुरुग्राम की ओर जाने वाले मार्ग पर हुए हादसे में शिकायतकर्ता अमित ठाकरण ने बताया कि उसका ताऊ का बेटा विपिन कुमार पलवल के मिंडकोला से अपनी एक्टिवा पर गुरुग्राम लौट रहा था। इसी दौरान उसकी एक्टिवा की टक्कर एक मर्सिडीज कार (HR51CP6613) से हो गई, जिससे विपिन की मौके पर ही मौत हो गई। केस दर्ज कर जांच में जुटी पुलिस हादसे की सूचना मिलने पर परिजन गुरुग्राम शवगृह पहुंचे और शव की पहचान की। पुलिस ने अज्ञात मर्सिडीज ड्राइवर के खिलाफ मामला दर्ज कर कार्रवाई शुरू कर दी है। पुलिस ने बताया कि वे दुर्घटनास्थलों के पास लगे सीसीटीवी फुटेज, प्रत्यक्षदर्शियों के बयान और अन्य तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर फरार वाहन चालकों की पहचान करने और उन्हें गिरफ्तार करने के प्रयास तेज कर रहे हैं।
महोबा में भाजपा के वरिष्ठ नेता एवं पूर्व सांसद गंगा चरण राजपूत ने पृथक बुंदेलखंड राज्य की मांग को लेकर नया डिजिटल अभियान शुरू करने का ऐलान किया है। रविवार शाम पत्रकारों से बातचीत में उन्होंने कहा कि अब आंदोलन का स्वरूप बदल चुका है और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) तथा सोशल मीडिया के जरिए घर बैठे भी इस मांग को मजबूत किया जा सकता है। पूर्व सांसद ने अपने चार दशक लंबे राजनीतिक सफर का जिक्र करते हुए कहा कि छात्र जीवन से लेकर अब तक उन्होंने पृथक बुंदेलखंड की मांग को लेकर कई आंदोलन किए, लाठियां खाईं और जेल भी गए। उनका कहना था कि अब तकनीक का दौर है और युवाओं को इसी माध्यम से अपनी बात प्रभावी ढंग से रखनी चाहिए। उन्होंने युवाओं और किसानों से आह्वान किया कि वे इंस्टाग्राम, फेसबुक और अन्य सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर AI की मदद से बुंदेलखंड की समस्याओं को सामने लाने वाले पोस्ट और रील तैयार करें। उनके अनुसार, इन सामग्रियों में क्षेत्र के सूखे, जल संकट, कटते जंगलों, केन और बेतवा नदियों की स्थिति तथा भीषण गर्मी जैसे मुद्दों को प्रमुखता से दिखाया जाना चाहिए। गंगा चरण राजपूत ने नेताजी सुभाष चंद्र बोस के प्रसिद्ध नारे की तर्ज पर कहा, तुम मुझे 19 सीटों पर वोट दो, मैं तुम्हें बुंदेलखंड राज्य दूंगा। उन्होंने युवाओं से अपील की कि वे जोखिम भरी रील बनाने के बजाय जनहित के मुद्दों पर डिजिटल अभियान चलाएं और माई वोट फॉर ओनली बुंदेलखंड संदेश के साथ इसे व्यापक स्तर पर साझा करें। पूर्व सांसद ने दावा किया कि यदि यह डिजिटल मुहिम व्यापक जनसमर्थन हासिल करती है, तो पृथक बुंदेलखंड राज्य की मांग और अधिक मजबूत होगी तथा सरकारों पर इस दिशा में निर्णय लेने का दबाव बनेगा।
सहरसा पुलिस अधीक्षक विक्रम सिहाग के विशेष निर्देश पर बैजनाथपुर थाना क्षेत्र के इटहरा गांव (वार्ड नंबर-07) में सूखा नशा की रोकथाम और नियंत्रण के लिए एक महत्वपूर्ण जागरूकता बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में स्थानीय महिलाओं, पुरुषों और समाज के गणमान्य व्यक्तियों ने सक्रिय रूप से भाग लिया। बैठक के दौरान उपस्थित ग्रामीणों को सूखा नशा के दुष्प्रभावों के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई। पुलिस पदाधिकारियों ने बताया कि सूखा नशा न केवल शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य को प्रभावित करता है, बल्कि यह पूरे परिवार के लिए गंभीर आर्थिक संकट और सामाजिक कठिनाइयां भी पैदा करता है। महिलाओं की सक्रिय भागीदारी विशेष रूप से देखी गईइस नशा मुक्ति अभियान के तहत आयोजित सभा में स्थानीय महिलाओं की सक्रिय भागीदारी विशेष रूप से देखी गई। महिलाओं ने गांव को नशा मुक्त बनाने के लिए अपने विचार प्रस्तुत किए और इस अभियान का पुरजोर समर्थन किया। पुलिस प्रशासन ने ग्रामीणों से अपील की कि वे नशा उन्मूलन अभियान में अपनी सक्रिय भूमिका निभाएं और अपने परिवार व समाज को इस सामाजिक बुराई के प्रति लगातार जागरूक रखें। प्रशासन की इस सकारात्मक पहल की सराहना कीकार्यक्रम के अंत में, सभी उपस्थित ग्रामीणों को नशा मुक्त समाज के निर्माण के लिए स्वयं जागरूक रहने और दूसरों को भी इसके प्रति जागरूक करने की शपथ दिलाई गई। स्थानीय लोगों ने पुलिस प्रशासन की इस सकारात्मक पहल की सराहना की है।
अखिल भारतीय अग्रवाल सम्मेलन छत्तीसगढ़ की नवगठित प्रांतीय कार्यकारिणी का शपथ ग्रहण समारोह रविवार को समता कॉलोनी स्थित मैक कॉलेज परिसर में आयोजित हुआ। कार्यक्रम में छत्तीसगढ़ विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह ने प्रदेश, जिला और संगठन के नवनियुक्त पदाधिकारियों को पद एवं गोपनीयता की शपथ दिलाई। समारोह में राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर के पदाधिकारी सहित प्रदेशभर से समाज के प्रतिनिधि मौजूद रहे। शपथ ग्रहण के बाद डॉ. रमन सिंह ने कहा कि महाराजा अग्रसेन समाजवाद के पहले प्रणेता थे और अग्रवाल समाज आज भी उनके आदर्शों पर चलते हुए व्यापार, शिक्षा और सामाजिक सेवा में महत्वपूर्ण योगदान दे रहा है। उन्होंने कहा कि समाज की नई टीम सभी वर्गों को साथ लेकर चलेगी तो संगठन और अधिक मजबूत होगा। पूर्व विधानसभा अध्यक्ष गौरीशंकर अग्रवाल ने भी नई कार्यकारिणी को बधाई देते हुए समाजहित में सक्रिय भूमिका निभाने का आह्वान किया। सम्मेलन के राष्ट्रीय अध्यक्ष बसंत मित्तल ने आगामी पांच वर्षों की कार्ययोजना साझा करते हुए कहा कि समाज को देश और विदेश में और अधिक संगठित किया जाएगा। उन्होंने दहेज प्रथा, प्री-वेडिंग शूट, अनावश्यक दिखावे, नशाखोरी और सामाजिक कुरीतियों के खिलाफ अभियान चलाने की घोषणा की। साथ ही जरूरतमंद परिवारों के साथ हर परिस्थिति में खड़े रहने का भरोसा भी जताया। प्रदेश महामंत्री कर्तव्य अग्रवाल ने बताया कि सम्मेलन ने अगले पांच वर्षों में स्कूलों में बालिका शौचालय निर्माण, मेडिकल व ब्लड डोनेशन कैंप, वृक्षारोपण अभियान और अन्य जनसेवा गतिविधियां संचालित करने का संकल्प लिया है। समारोह में 23 जिलों के अध्यक्षों और महामंत्रियों सहित नवनियुक्त पदाधिकारियों को प्रमाण-पत्र भी वितरित किए गए। बड़ी संख्या में महिला, युवा और समाज के वरिष्ठ सदस्य कार्यक्रम में शामिल हुए।
शेखपुरा में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के जिला कार्यालय में रविवार को जनसंघ के संस्थापक डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी का 125वां स्मरण दिवस मनाया गया। इस अवसर पर एक जिला स्तरीय कार्यक्रम आयोजित किया गया, जिसकी अध्यक्षता भाजपा जिला अध्यक्ष रेशमा भारती ने की। कार्यक्रम में बिहार सरकार के खान एवं भूतत्व मंत्री प्रमोद चंद्रवंशी मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। क्षेत्रीय प्रभारी बलराम मंडल और जिला प्रभारी प्रकाश भगत भी उपस्थित रहे। खान मंत्री प्रमोद चंद्रवंशी ने अपने संबोधन में डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के राष्ट्र निर्माण में दिए गए योगदान को याद किया। उन्होंने मुखर्जी की राष्ट्रवादी सोच और एकात्म भारत के संकल्प पर प्रकाश डालते हुए कहा कि उनका जीवन आज भी पार्टी कार्यकर्ताओं के लिए प्रेरणास्रोत है। मंत्री ने कार्यकर्ताओं से उनके आदर्शों का पालन करते हुए संगठन को और मजबूत बनाने का आह्वान किया। भाजपा जिला अध्यक्ष रेशमा भारती ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार द्वारा संचालित जनकल्याणकारी योजनाओं और विकास कार्यों की चर्चा की। उन्होंने कहा कि भाजपा राष्ट्रहित और जनसेवा की भावना के साथ लगातार कार्य कर रही है। भारती ने कार्यकर्ताओं से बूथ स्तर तक संगठन को सशक्त बनाने और सरकार की उपलब्धियों को जनता के बीच पहुंचाने का आग्रह किया। कार्यक्रम का संचालन युवा मोर्चा जिला अध्यक्ष मुकेश सिंह और महिला मोर्चा जिला अध्यक्ष नीतू सिंह ने संयुक्त रूप से किया। जिला महामंत्री पंकज कुमार ने धन्यवाद ज्ञापन दिया। इस अवसर पर जिला महामंत्री श्रवण पाण्डेय, वंदना विश्वकर्मा, धर्म राज कुमार, नवल पासवान, रणजीत कुमार, पवन कुमार सहित पार्टी के कई वरिष्ठ नेताओं और पदाधिकारियों ने भी अपने विचार व्यक्त किए। कार्यक्रम के दौरान उपस्थित कार्यकर्ताओं ने डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित कर उन्हें श्रद्धांजलि दी। सभी ने उनके विचारों को जन-जन तक पहुंचाने का संकल्प लिया। भाजपा नेताओं ने कहा कि डॉ. मुखर्जी का राष्ट्र के प्रति समर्पण और अखंड भारत का सपना आने वाली पीढ़ियों के लिए सदैव प्रेरणा का स्रोत बना रहेगा।
नागौर के पीह गांव के पूर्व सरपंच और प्रशासक अमरचंद जाजड़ा के भाई देवकरण जाजड़ा की अजमेर में संदिग्ध स्थिति में रविवार को मौत हो गई। पुलिस ने देवकरण के शव को अजमेर के जेएलएन अस्पताल की मॉर्च्युरी में रखवाया है। इसमें हत्या का संदेह भी किया जा रहा है। गेगल थाना पुलिस जांच में जुटी है। देवकरण की पत्नी गंगा पीटीआई है। उनका एक बच्चा भी है। पुलिस ने बताया- गेगल थाना क्षेत्र के गांव छातड़ी में देवकरण की बॉडी मिली। परिजन उसे लेकर जेएलएन अस्पताल पहुंचे, जहां डॉक्टर ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। वहीं मृतक का एक वीडियो भी सामने आया है, जो मरने से पहले का बताया जा रहा है। सोशल मीडिया पर हत्या और नशे के ओवरडोज से मौत का दावा घटना के बाद सोशल मीडिया पर देवकरण से जुड़े कई वीडियो शेयर किए रहे हैं। इसमें मौत के अलग-अलग दावे किए जा रहे हैं। सोशल मीडिया पर पोस्ट के अनुसार- कुछ लोग इसे हत्या का मामला बता रहे हैं। वहीं कुछ नशे के ओवरडोज के कारण मौत का दावा कर रहे हैं। वहीं फिलहाल अजमेर पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी हुई है। मौत के वास्तविक कारणों को लेकर पुलिस प्रशासन या मेडिकल टीम ने अभी कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया है। पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के कारणों का स्पष्ट खुलासा हो सकेगा। हनुमान बेनीवाल ने सोशल मीडिया पर की पोस्ट सांसद हनुमान बेनीवाल ने मामले में सोशल मीडिया एक्स पर पोस्ट करते हुए दुख जताया है। उन्होंने लिखा- नागौर संसदीय क्षेत्र के डीडवाना-कुचामन जिले की ग्राम पंचायत पीह के सरपंच और भारतीय जनता पार्टी के नेता अमरचंद जाजड़ा के भाई देवकरण की अजमेर जिले के गेगल थाना क्षेत्र में संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मृत्यु की खबर अत्यंत दुःखद है। स्थानीय लोगों के अनुसार- प्रथम दृष्टया यह हत्या का मामला है। नागौर संसदीय क्षेत्र के डीडवाना - कुचामन जिले की ग्राम पंचायत - पीह के सरपंच व भारतीय जनता पार्टी के नेता श्री अमरचंद जाजड़ा के भाई देवकरण की अजमेर जिले के गेगल थाना क्षेत्र में संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मृत्यु की खबर अत्यंत दुःखद है,स्थानीय लोगों के अनुसार प्रथम दृष्टया यह…— HANUMAN BENIWAL (@hanumanbeniwal) July 5, 2026 विधायक रामनिवास गावड़िया ने भी की पोस्ट परबतसर विधानसभा क्षेत्र की ग्राम पंचायत पीह के सरपंच और भारतीय जनता पार्टी नेता अमरचंद जाजड़ा के भाई देवकरण की अजमेर जिले के गेगल थाना क्षेत्र में संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मृत्यु का समाचार दुःखद है। परबतसर विधानसभा क्षेत्र की ग्राम पंचायत पीह के सरपंच एवं भारतीय जनता पार्टी के नेता श्री अमरचंद जाजड़ा जी के भाई श्री देवकरण जी की अजमेर जिले के गेगल थाना क्षेत्र में संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मृत्यु का समाचार अत्यंत दुःखद एवं चिंताजनक है।स्थानीय लोगों के अनुसार प्रथम…— Ramniwas Gawriya (@RamniwasGawriya) July 5, 2026 इनपुट: प्रकाश तंवर, नागौर
हमीरपुर के मौदहा कस्बे में दुकान में घुसकर रंगदारी मांगने और विरोध करने पर मारपीट का मामला सामने आया है। पीड़ित की तहरीर पर पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर एक आरोपी को हिरासत में लिया है। मामले की जांच की जा रही है। फत्तेपुर निवासी महबूब खान, जो मौदहा के बड़े चौराहे स्थित खुशी ट्रेडर्स में कर्मचारी हैं, ने पुलिस को बताया कि रविवार शाम करीब 5:50 बजे वह दुकान पर अकेले मौजूद थे। इसी दौरान कस्बे के फैय्याज खां और अय्याज दुकान में घुस आए। महबूब खान का आरोप है कि दोनों ने उनसे 10 हजार रुपये की रंगदारी मांगी। विरोध करने पर आरोपियों ने गाली-गलौज करते हुए उनके साथ मारपीट की और जान से मारने की धमकी भी दी। पीड़ित का कहना है कि पूरी घटना दुकान में लगे सीसीटीवी कैमरे में रिकॉर्ड हुई है। उन्होंने अपनी जान-माल को खतरा बताते हुए आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। कोतवाली प्रभारी संतोष सिंह ने बताया कि पीड़ित की तहरीर के आधार पर मारपीट सहित संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। एक आरोपी को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। पुलिस का कहना है कि सीसीटीवी फुटेज और अन्य साक्ष्यों के आधार पर मामले की जांच कर आगे की विधिक कार्रवाई की जाएगी।
अयोध्या में बुजुर्ग की गला दबाकर हत्या किए जाने का मामला सामने आया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में हत्या की पुष्टि होने के बाद पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। प्रारंभिक जांच में जमीनी विवाद को घटना की वजह माना जा रहा है। प्रागदत्त पुरवा मजरे रतनपुर गांव निवासी शिवशरण यादव का शव 2 जुलाई को उनके घर के अंदर चारपाई पर संदिग्ध हालत में मिला था। शव के गले पर चोट के निशान मिलने के बाद हत्या की आशंका जताई गई थी। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजकर जांच शुरू की थी। दो साल पहले हुए थे रिटायर शिवशरण यादव पंजाब के पटियाला में दूरसंचार विभाग में कार्यरत थे। करीब दो वर्ष पहले सेवानिवृत्त होने के बाद वह गांव में रहने लगे थे। उनकी पत्नी और तीनों बेटे अभी भी पटियाला में रहते हैं। पुलिस के अनुसार, उनका अपने भाई छंगा के साथ भूमि बंटवारे को लेकर लंबे समय से विवाद चल रहा था। बेटे की तहरीर पर दर्ज हुआ मुकदमा मृतक के बेटे ने अपने चचेरे भाई दीपक यादव और सचिन यादव पर हत्या का आरोप लगाते हुए बाबा बाजार थाने में तहरीर दी थी। इसके आधार पर पुलिस ने संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर आरोपियों की तलाश शुरू की। दोनों आरोपी गिरफ्तार, कोर्ट ने भेजा जेल बाबा बाजार पुलिस ने रविवार को दीपक यादव और सचिन यादव को गिरफ्तार कर लिया। आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी करने के बाद दोनों को न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उन्हें न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया गया। पोस्टमार्टम में गला दबाकर हत्या की पुष्टि थाना प्रभारी शैलेंद्र आजाद ने बताया कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट में गला दबाकर हत्या किए जाने की पुष्टि हुई है। प्रारंभिक जांच में जमीनी विवाद को हत्या का मुख्य कारण माना जा रहा है। पुलिस मामले के अन्य पहलुओं की भी जांच कर रही है।
फरीदाबाद जिले के गांव फतेहपुर बिल्लौच में शनिवार रात करीब साढ़े नौ से दस बजे के बीच एक दर्दनाक घटना सामने आई। आरोप है कि पैरोल पर जेल से बाहर आए एक युवक ने अपने साथियों के साथ मिलकर पुरानी रंजिश के चलते 21 वर्षीय तरुण को स्कॉर्पियो से जोरदार टक्कर मार दी। गंभीर रूप से घायल तरुण को उसके दोस्त तुरंत अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। घटना का सीसीटीवी वीडियो भी सामने आया है। जिसमें काले रंग की स्कॉर्पियो सामने से आकर तरुण की बाइक को तेज रफ्तार में टक्कर मारती दिखाई दे रही है। टक्कर इतनी भीषण थी कि बाइक के एलॉय व्हील्स तक टूट गए और पूरी बाइक के परखच्चे उड़ गए। निजी कंपनी में काम करता था जानकारी के अनुसार, तरुण आईएमटी फरीदाबाद स्थित एक निजी कंपनी में काम करता था। शनिवार रात वह अपने दोस्तों के साथ गांव में एक बिल्डिंग सामग्री की दुकान पर पार्टी कर रहा था। पार्टी खत्म होने के बाद सभी दोस्त अपने-अपने घर जाने के लिए सड़क किनारे खड़े थे। कुछ देर बाद तरुण अपनी बाइक लेकर घर के लिए निकला। जैसे ही वह कुछ दूरी पर पहुंचा, सामने से आ रही काले रंग की स्कॉर्पियो ने उसकी बाइक को जोरदार टक्कर मार दी। 20 मीटर दूर जाकर गिरी बाइक प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, टक्कर इतनी तेज थी कि तरुण और उसकी बाइक करीब 20 मीटर दूर जाकर सड़क किनारे गिरे। हादसे के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई। तरुण के दोस्तों ने बिना समय गंवाए उसे अस्पताल पहुंचाया, लेकिन डॉक्टरों ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया। घटना के बाद स्कॉर्पियो ड्राइवर मौके से गाड़ी लेकर फरार हो गया। युवक पर कई आपराधिक केस दर्ज मृतक के परिजनों का आरोप है कि स्कॉर्पियो में सागर, विकास और नारायण सवार थे। उनका कहना है कि पुरानी रंजिश के कारण तीनों ने मिलकर जान-बूझकर तरुण की बाइक को टक्कर मारी। परिजनों ने यह भी आरोप लगाया कि सागर के खिलाफ पहले से कई आपराधिक मामले दर्ज हैं और वह दो दिन पहले ही पैरोल पर जेल से बाहर आया था। उनका कहना है कि यह कोई सामान्य सड़क हादसा नहीं, बल्कि सुनियोजित वारदात है। सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल घटना का सीसीटीवी वीडियो और अन्य वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे हैं। वीडियो में साफ दिखाई दे रहा है कि तेज रफ्तार स्कॉर्पियो सामने से आती है और तरुण की बाइक को जोरदार टक्कर मार देती है। टक्कर की भयावहता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि बाइक पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई और उसके एलॉय व्हील्स तक टूट गए। घटना की सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू की। पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण किया तथा सीसीटीवी फुटेज और अन्य साक्ष्य अपने कब्जे में लिए। वारदात में इस्तेमाल स्कॉर्पियो बरामद डीसीपी प्रतीक अग्रवाल ने बताया कि फतेहपुर बिल्लौच मामले में प्राथमिकी दर्ज कर एक आरोपी विकास को हिरासत में ले लिया गया है। अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस लगातार छापेमारी कर रही है। पुलिस ने घटना में इस्तेमाल की स्कॉर्पियो भी बरामद कर ली है। उन्होंने कहा कि मामले की हर पहलू से जांच की जा रही है और जांच के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
राजनांदगांव के भारत माता चौक पर बिजली पोल में आग:तारों से निकली चिंगारियां, स्थानीय लोगों में आक्रोश
राजनांदगांव के भारत माता चौक पर 5 जुलाई को एक बिजली के खंभे में आग लग गई। शहर के व्यस्ततम इलाकों में से एक इस जगह पर हुई घटना से अफरा-तफरी मच गई। आग इतनी तेज थी कि तारों से चिंगारियां नीचे गिरने लगीं, जिससे लोग अपनी जान बचाने के लिए इधर-उधर भागने लगे। घटना का एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। स्थानीय रहवासियों और दुकानदारों ने इस घटना पर गहरा आक्रोश व्यक्त किया है। उनका आरोप है कि यह पहली बार नहीं है; इस खंभे में पहले भी शॉर्ट सर्किट और स्पार्किंग की शिकायतें विद्युत विभाग से की जा चुकी हैं। स्थानीय निवासियों ने बताया, हमने कई बार लिखित और मौखिक शिकायतें दर्ज कराई हैं, लेकिन विभाग ने कोई कार्रवाई नहीं की। अधिकारियों की इस कार्यप्रणाली को देखकर ऐसा लगता है मानो विभाग शहर में किसी बड़े हादसे का इंतजार कर रहा है। भारत माता चौक पर हुई इस घटना के बाद स्थानीय जनता ने जिला प्रशासन और बिजली विभाग के उच्चाधिकारियों से मामले को गंभीरता से लेने की मांग की है।
स्वच्छ पर्यावरण आंदोलन सेना द्वारा संचालित गोमती नदी स्वच्छता अभियान ने लगातार 424 रविवार पूरे करते हुए अपने 9वें वर्ष में प्रवेश कर लिया है। इस अवसर पर रविवार को हनुमान सेतु के निकट गोमती नदी तट स्थित झूलेलाल पार्क में समारोह का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का आयोजन बोरा फाउंडेशन, लखनऊ की ओर से किया गया। समारोह में गोमती नदी की स्वच्छता के लिए लगातार योगदान देने वाले 101 स्वयंसेवकों को मुख्य अतिथि विधायक डॉ. नीरज बोरा और विशिष्ट अतिथि पूर्व पार्षद रेखा रोशनी ने प्रशस्ति पत्र और टी-शर्ट देकर सम्मानित किया। सम्मान प्राप्त कर स्वयंसेवकों ने खुशी व्यक्त की और अभियान को आगे भी निरंतर जारी रखने का संकल्प लिया। स्वच्छता अभियान मुख्यमंत्री के आह्वान पर हुई थी अपने संबोधन में विधायक डॉ. नीरज बोरा ने कहा कि गोमती नदी स्वच्छता अभियान की शुरुआत 24 जून 2018 को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के आह्वान पर हुई थी। उस समय हजारों लोगों ने गोमती को स्वच्छ रखने की शपथ ली थी। उन्होंने कहा कि तब से लेकर आज तक यदि कोई संगठन पूरी निष्ठा और ईमानदारी से हर रविवार गोमती नदी की सफाई में जुटा हुआ है, तो वह स्वच्छ पर्यावरण आंदोलन सेना है। उन्होंने अभियान से जुड़े स्वयंसेवकों के समर्पण और सेवा भावना की सराहना करते हुए कहा कि सभी कार्यकर्ताओं को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मिलवाकर सम्मानित कराने का प्रयास किया जाएगा। ये लोग मौजूद रहे कार्यक्रम में स्वच्छ पर्यावरण आंदोलन सेना के संयोजक रणजीत सिंह, जोनल अधिकारी मनोज यादव, पर्यावरण अभियंता संजीव प्रधान, मंडल अध्यक्ष रमन निगम और सतीश वर्मा विशेष रूप से उपस्थित रहे। इस अवसर पर प्रीति जैन, अर्चना सिंह, अनुप्रिया खरवार, रत्ना वर्मा, बबीता यादव, ज्योति चौधरी, विष्णु तिवारी, विवेक जोशी, कमलेश चौधरी, रिंकू सिंह, राकेश , संकल्प शर्मा और अन्य स्वयंसेवकों सहित कुल 101 लोगों को सम्मानित किया गया।
खगड़िया के चौथम प्रखंड अंतर्गत सरसावा पंचायत के शिशवा गांव में कोसी नदी का कटाव विकराल रूप ले रहा है। पिछले एक सप्ताह से नदी के बढ़ते जलस्तर और तेज कटाव के कारण गांव में दहशत का माहौल है। रविवार को कटाव इतना तेज हुआ कि छह परिवारों के घर देखते ही देखते नदी में समा गए। जानकारी के अनुसार, कटाव में शिशवा गांव निवासी संजय यादव, विजो यादव, गौरीशंकर साह, राकेश साह, नरेश साह और मुकेश साह के घर पूरी तरह नदी में समा गए। अचानक हुई इस घटना में कई परिवारों को घर का सामान निकालने तक का पर्याप्त समय नहीं मिला। वर्षों की मेहनत से बनाए गए आशियाने कुछ ही मिनटों में नदी की तेज धारा में बह गए। प्रभावित परिवार अब खुले आसमान के नीचे या रिश्तेदारों के यहां शरण लेकर विस्थापित जीवन जीने को मजबूर हैं। वहीं पप्पू राय, राहुल राय, रविंद्र यादव, जितेंद्र यादव और कलयुग यादव के घर भी कटाव के बेहद करीब पहुंच चुके हैं। ग्रामीणों का कहना है कि यदि जल्द कटावरोधी कार्य शुरू नहीं किया गया तो आने वाले दिनों में कई और परिवार बेघर हो सकते हैं। स्थानीय ग्रामीणों ने बताया कि कटाव की समस्या लगातार बढ़ रही थी और इसकी सूचना कई बार प्रशासन एवं जल संसाधन विभाग को दी गई थी। उनका कहना है कि समय रहते बोल्डर पिचिंग, बांस पाइलिंग अथवा अन्य कटावरोधी उपाय किए जाते तो इतनी बड़ी क्षति से बचा जा सकता था। पूर्व पंचायत समिति सदस्य घनश्याम यादव ने प्रशासन से अविलंब कटाव निरोधी कार्य शुरू कराने की मांग की है। उन्होंने कहा कि यदि तत्काल सुरक्षा कार्य नहीं कराया गया तो शिशवा गांव के डेढ़ सौ से अधिक परिवारों पर संकट गहरा सकता है। साथ ही उन्होंने कटाव प्रभावित परिवारों के पुनर्वास, आर्थिक सहायता और राहत सामग्री उपलब्ध कराने की भी मांग की। इधर, अंचलाधिकारी रविराज ने बताया कि स्थिति का आकलन करने के लिए राजस्व कर्मचारी रणधीर कुमार को कटाव स्थल पर भेजा गया है। उनकी रिपोर्ट के आधार पर प्रभावित परिवारों को नियमानुसार सहायता उपलब्ध कराई जाएगी। उन्होंने यह भी बताया कि कटाव की गंभीर स्थिति से जल संसाधन विभाग को अवगत करा दिया गया है तथा प्रशासनिक स्वीकृति मिलने के बाद युद्धस्तर पर कटाव निरोधी कार्य शुरू कराया जाएगा।फिलहाल शिशवा गांव में दहशत का माहौल है। ग्रामीण दिन-रात कोसी नदी के बढ़ते कटाव पर नजर बनाए हुए हैं और प्रशासन से त्वरित राहत एवं स्थायी सुरक्षा उपायों की उम्मीद लगाए बैठे हैं।
शहर के ऐतिहासिक सूरजपोल स्थित भजले हनुमान मंदिर में बजरंग दल की ओर से भव्य त्रिशूल दीक्षा समारोह का आयोजन किया गया। जिसमें 370 युवाओं ने त्रिशूल दीक्षा ली। कार्यक्रम में सैकड़ों युवाओं ने हिस्सा लिया। इस दौरान विधि-विधान और मंत्रोच्चार के बीच युवाओं को सनातन धर्म की रक्षा, राष्ट्र सेवा और सामाजिक समरसता का संकल्प दिलाते हुए त्रिशूल दीक्षा प्रदान की गई। जयकारों के साथ रवाना हुई भव्य शोभायात्रादीक्षा समारोह संपन्न होने के बाद भजले हनुमान मंदिर परिसर से शोभायात्रा रवाना हुई। शोभायात्रा में भगवान श्रीराम और वीर हनुमान के जयकारे लगाए गए। शोभायात्रा सूरजपोल से शुरू होकर शहर के विभिन्न मुख्य मार्गों, चौराहों और प्रमुख बाजारों से होकर गुजरी। यात्रा का जगह-जगह स्थानीय निवासियों और व्यापारिक संगठनों ने पुष्पवर्षा कर यात्रा का स्वागत किया। महाआरती और महाप्रसाद के साथ हुआ समापननगर भ्रमण करने के बाद शोभायात्रा भजले हनुमान मंदिर पहुंची। यहां भगवान की सामूहिक महाआरती की गई, जिसमें भारी संख्या में श्रद्धालु शामिल हुए। महाआरती के बाद महाप्रसादी हुई और समारोह का समापन हुआ।
बक्सर में रेलवे गुमटी खोलने की मांग तेज:5 दिन का अल्टीमेटम, कार्रवाई नहीं हुई तो चक्का जाम और धरना
बक्सर में इटाढ़ी रेलवे क्रॉसिंग (गुमटी) को जल्द खोलने की मांग को लेकर जिला दलित अति पिछड़ा स्वाभिमान संघर्ष मोर्चा ने आंदोलन तेज करने की घोषणा की है। मोर्चा के जिला संयोजक सरोज राजभर ने रविवार को एक प्रेस वार्ता में चेतावनी दी कि यदि अगले पांच दिनों के भीतर रेलवे प्रशासन ने ठोस कार्रवाई नहीं की, तो संगठन रेलवे चक्का जाम कर अनिश्चितकालीन धरना-प्रदर्शन शुरू करेगा। सरोज राजभर ने बताया कि इस संबंध में गुरुवार को जिलाधिकारी को एक मांग पत्र सौंपा गया था। इसकी प्रतिलिपि स्टेशन मास्टर, दानापुर रेल मंडल के प्रबंधक और सदर अनुमंडल पदाधिकारी (एसडीओ) को भी भेजी गई थी। मांग पत्र में स्पष्ट किया गया था कि यदि रेलवे क्रॉसिंग खोलने की दिशा में शीघ्र पहल नहीं की गई, तो सोमवार से अनिश्चितकालीन धरना शुरू कर दिया जाएगा। मांग पत्र रेलवे बोर्ड को भेज दिया गयाइस बीच, दानापुर रेल मंडल कार्यालय और जिलाधिकारी कार्यालय से फोन पर जानकारी मिली कि मांग पत्र रेलवे बोर्ड को भेज दिया गया है। अधिकारियों ने मामले पर निर्णय के लिए चार से पांच दिनों का समय मांगा है। प्रशासन के अनुरोध पर, मोर्चा ने फिलहाल आंदोलन को कुछ दिनों के लिए स्थगित रखने का फैसला किया है। हालांकि, संगठन ने चेतावनी दी है कि निर्धारित अवधि में सकारात्मक कार्रवाई न होने पर उग्र आंदोलन किया जाएगा। प्रेस वार्ता के दौरान सरोज राजभर ने बताया कि इटाढ़ी रेलवे गुमटी बंद रहने से क्षेत्र के हजारों लोगों को प्रतिदिन भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। घंटों जाम लगने के कारण स्कूली बच्चों, अभिभावकों, शिक्षकों, किसानों, व्यापारियों और नौकरीपेशा लोगों को समय पर अपने गंतव्य तक पहुंचने में कठिनाई होती है। शीघ्र निर्णय लेने की अपील कीउन्होंने यह भी बताया कि कई बार एंबुलेंस और शव वाहन भी लंबे समय तक जाम में फंसे रहते हैं, जिससे गंभीर परिस्थितियां उत्पन्न हो जाती हैं। राजभर ने कहा कि यह आंदोलन तब तक जारी रहेगा, जब तक इटाढ़ी रेलवे क्रॉसिंग को खोलने की मांग पूरी नहीं हो जाती। मोर्चा ने प्रशासन और रेलवे से जनहित को ध्यान में रखते हुए शीघ्र निर्णय लेने की अपील की है।
लखनऊ के गोमती नगर विस्तार स्थित गायत्री शक्तिपीठ में रविवार को प्रदेश स्तरीय शिक्षक गरिमा सम्मेलन की तैयारियों पर एक महत्वपूर्ण संगोष्ठी और समीक्षा बैठक आयोजित की गई। इसमें उत्तर प्रदेश के विभिन्न जिलों से गायत्री परिवार, भारतीय संस्कृति ज्ञान परीक्षा प्रकोष्ठ और संगठन से जुड़े पदाधिकारियों, समन्वयकों एवं कार्यकर्ताओं ने भाग लिया। बैठक में आगामी 4 अक्टूबर को होने वाले प्रदेश स्तरीय शिक्षक गरिमा सम्मेलन की विस्तृत कार्ययोजना पर चर्चा हुई। यह सम्मेलन लखनऊ के बाबा साहेब भीमराव अंबेडकर विश्वविद्यालय में आयोजित किया जाएगा। इसमें प्रदेशभर से लगभग तीन हजार शिक्षकों और एक हजार से अधिक कार्यकर्ताओं के शामिल होने की संभावना है। 22 समितियों का गठन किया गया है उत्तर जोन समन्वयक परमानंद द्विवेदी ने बताया कि यह सम्मेलन शिक्षकों के माध्यम से भावी पीढ़ी में नैतिक मूल्यों, संस्कारों और चरित्र निर्माण की चेतना जगाने का एक व्यापक अभियान है। उन्होंने जानकारी दी कि सम्मेलन के सफल संचालन के लिए 22 समितियों का गठन किया गया है। इन समितियों को आवास, भोजन, मंच संचालन, सुरक्षा, आपदा प्रबंधन, पुस्तक मेला, प्रदर्शनी और अन्य व्यवस्थाओं की जिम्मेदारी सौंपी गई है। द्विवेदी ने यह भी बताया कि बैठक में प्रदेश के चार जोन और लगभग 12 उप-जोन के प्रतिनिधियों ने भाग लिया, जिससे पूरे उत्तर प्रदेश का प्रतिनिधित्व सुनिश्चित हुआ। सम्मेलन का उद्देश्य शिक्षकों को विद्यार्थियों में नैतिकता, संस्कार और सकारात्मक सोच विकसित करने के लिए प्रेरित करना है। देश का पहला प्रदेश स्तरीय शिक्षक गरिमा शिविर होगा भारतीय संस्कृति ज्ञान परीक्षा प्रकोष्ठ से जुड़े राम ईश तिवारी ने कहा कि यह देश का पहला प्रदेश स्तरीय शिक्षक गरिमा शिविर होगा। उन्होंने उम्मीद जताई कि इसकी सफलता के आधार पर भविष्य में ऐसे कार्यक्रम राष्ट्रीय स्तर पर आयोजित किए जाएंगे। बैठक में कार्यक्रम की रूपरेखा, जिम्मेदारियों के वितरण और पूर्व तैयारियों की समय-सीमा भी तय की गई। गायत्री परिवार लखनऊ के जिला समन्वयक अतुल सिंह ने बताया कि सम्मेलन की तैयारियों के साथ-साथ प्रदेशभर में जागरूकता अभियान भी चलाए जा रहे हैं। बैठक में युवाओं के लिए राष्ट्रीय स्तर पर एक विशेष कार्यक्रम आयोजित करने का प्रस्ताव भी तैयार किया गया।
वाराणसी के सदर इमामबाड़े लाट सरैया में रविवार की शाम 72-ताबूत का जुलूस उठाया गया। इस जुलूस में शहर की कई अंजुमनों ने हिस्सा लिया। मजलिस को मुजफ्फरनगर से आये मौलाना सैयद मोहम्मद हुसैनी ने खिताब किया। इसके बाद नौहाख्वानी जनाब अली मूसा ने किया। वहीं अंजुमन जव्वादिया ने भी नौहा मातम किया इसके बाद जनाब जीशान आजमी ने 72 ताबूतों का तारूफ कराया और धीरे-धीरे 72 ताबूत बाहर निकाले गए जिनकी जायरीनों ने जियारत किया। एक साथ जब 72 ताबूत इमामबाड़े के मैदान में पहुंचे तो पूरा इमामबाड़ा या हुसैन के नारों से गूंज उठा। इस जुलूस में 5 हजार से ज्यादा जायरीनों ने शिरकत की। सभी ने ताबूत की जियारत की और इमाम हुसैन की शहादत को याद किया। पूरा इमामबाड़ा सदा ए या हुसैन से गूंज उठा। जुलूस देर शाम 7 बजे के बाद खत्म हुआ। देखिये जुलूस और मजलिस से जुड़ी 3 तस्वीरें... मौलाना मोहम्मद हुसैनी ने पढ़ी मजलिस जुलूस उठने से पहले तिलावते कलाम पाक के बाद शायर काविश बनारसी, एरम बनारसी और सलीम बलरामपुरी ने अपने कलाम पेश किए। इसके बाद मुजफ्फरनगर से आए मौलाना सैयद मोहम्मद हुसैनी ने मजलिस पढ़ी। इस मजलिस में उन्होंने इमाम हुसैन के 71 साथियों की बहादुरी के बारे में बताया। उन्होंने कहा कि इमाम हुसैन को यजीद हर हाल में कत्ल करना चाहता था। इसके लिए उसने पहला हमला नामाज ए सुबह के वक्त कराया। इस दौरान कई सहाबी शाहिद हुए। उन्होंने अपने जान की कुर्बानी देकर इमाम हुसैन को नमाज पढ़ने का मौक़ा दिया। इमाम हुसैन की शहादत के बयान पर जायरीन रोने लगे। मातम के बाद उठा ताबूत मजलिस खत्म होने के बाद अंजुमन जव्वादिया के पहले मेहमान नौहाख्वां अली मूसा ने नौहाख्वानी की। इसके बाद अंजुमन जव्वादिया ने नौहाख्वानी व माताम किया। इसके बाद आजमगढ़ से आये जीशान आजमी ने एक-एक करके ताबूतों का तारूफ कराया। जिसके बाद जायरीनों ने जियारत की। इस जुलूस में 72 ताबूतों के अलावा दुलदुल और अलम भी मौजूद रहा।
मंडला में शातिर चोर गिरफ्तार:पूछताछ के बाद 9 मोबाइल और चोरी की बाइक बरामद
मंडला जिले की मनेरी चौकी पुलिस ने रविवार को मोबाइल और बाइक चोरी की कई वारदातों का खुलासा करते हुए एक शातिर चोर को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपी के कब्जे से चोरी की एक बाइक और कई कंपनियों के 9 स्मार्ट मोबाइल फोन बरामद किए हैं। जब्त संपत्ति की कुल अनुमानित कीमत लगभग 2.70 लाख रुपए बताई गई है। पुलिस के अनुसार, पिछले लगभग 15 दिनों से मनेरी क्षेत्र में लगातार मोबाइल चोरी की घटनाएं हो रही थीं। इसी बीच 3 जुलाई को ग्राम मेडी निवासी संजय उर्फ भूरा बर्मन ने रिपोर्ट दर्ज कराई कि रात में अज्ञात व्यक्ति उसके घर में घुसकर उसकी बाइक (क्रमांक MP20NQ7928) चोरी कर ले गया। जबलपुर का रहना वाला है आरोपी रिपोर्ट दर्ज होने के बाद पुलिस ने जांच शुरू की। विवेचना के दौरान मिले साक्ष्यों और मुखबिर की सूचना के आधार पर शिवम मरावी (19 वर्ष), पिता प्रताप मरावी, निवासी ग्राम खुख्न, थाना कुंडम, जिला जबलपुर को हिरासत में लेकर पूछताछ की गई। पूछताछ में आरोपी ने बाइक चोरी करना स्वीकार किया। उसने यह भी कबूल किया कि पिछले 15 दिनों में मनेरी क्षेत्र में हुई मोबाइल चोरी की घटनाओं को भी उसी ने अंजाम दिया था। आरोपी की निशानदेही पर पुलिस ने चोरी की बाइक और कई कंपनियों के 9 स्मार्ट मोबाइल फोन बरामद किए। इनमें कुछ मोबाइल थाना बरेला, जिला जबलपुर क्षेत्र से चोरी हुए भी शामिल हैं। पुलिस के अनुसार, आरोपी एक आदतन अपराधी है और उसके खिलाफ पहले से थाना बरेला में तीन आपराधिक प्रकरण दर्ज हैं। आरोपी की गिरफ्तारी से क्षेत्र में हुई संपत्ति संबंधी चोरी की कई घटनाओं का खुलासा हुआ है। इस कार्रवाई में चौकी प्रभारी मनेरी उप निरीक्षक शशांक शुक्ला, सहायक उप निरीक्षक साधु सिंह, प्रधान आरक्षक बलिराम, अरविंद, आरक्षक आनंद कोरी एवं मुकेश शांडिल्य की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
दिल्ली की लोधी कॉलोनी में एक नवविवाहिता की मौत का मामला सामने आया है। पुलिस ने बताया कि शनिवार को एनडीएमसी (NDMC) फ्लैट्स की तीसरी मंजिल से गिरने के कारण 28 साल की आकृति सुतार गंभीर रूप से घायल हो गई थीं। एम्स ले जाने पर डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। पुलिस के मुताबिक आकृति दक्षिण दिल्ली के पुष्प विहार की रहने वाली थीं और छतरपुर की एक निजी कंपनी में सेल्स एग्जीक्यूटिव के पद पर काम करती थीं। उनकी शादी इसी साल 24 अप्रैल को अरस्तु सिक्का से हुई थी। शादी को अभी ढाई महीने ही हुए थे। आकृति के परिवार ने पति और ससुराल वालों पर दहेज के लिए प्रताड़ित करने और हत्या करने का आरोप लगाया है। परिवार का कहना है कि घटना को आत्महत्या का रूप देकर आरोपियों को बचाने की कोशिश की जा रही है। परिजन बोले- आकृति कभी सुसाइड नहीं कर सकती आकृति के छोटे भाई ने कहा कि उसकी बहन परिवार की सबसे बड़ी बेटी थी और मानसिक रूप से बेहद मजबूत थी। वह आत्महत्या जैसा कदम नहीं उठा सकती थी। परिवार का आरोप है कि शादी के बाद से ही पति उसकी पिटाई करता था और दहेज को लेकर उसे लगातार परेशान किया जाता था। परिजनों के अनुसार, यह लव-कम-अरेंज मैरिज थी। आकृति की दोस्ती पहले अरस्तु की बहन अगस्तिका सिक्का से हुई थी, फिर अरस्तु के साथ उसका रिश्ता बन गया। ऐसे में उसकी मौत बेहद संदिग्ध परिस्थितियों में हुई है, जिसकी निष्पक्ष जांच होनी चाहिए। पुलिस परिवार और अन्य गवाहों के बयान दर्ज कर रही है। मामले के हर पहलू की जांच की जा रही है। फिलहाल मौत के कारणों का पता लगाने और परिवार के आरोपों की पुष्टि के लिए जांच जारी है। दिल्ली-NCR में पत्नी की हत्या की 2 घटनाएं 1. फोन पर बात करने के शक में पत्नी की बैटरी से मारकर हत्या दिल्ली के राणहोला थाना क्षेत्र में रविवार को पति ने बैटरी से हमला कर पत्नी की हत्या कर दी। इसके बाद उसने एल्यूमिनियम फॉस्फाइड की गोलियां खाकर आत्महत्या करने की कोशिश की। इलाज के दौरान उसकी भी मौत हो गई। पति को शक था कि उसकी पत्नी किसी से फोन पर बात करती है। आरोपी की बहन ने बताया कि उसका बड़ा भाई और भाभी अलग रहते थे, जबकि वह अपनी मां और छोटे भाई के साथ रहती थी। भाई ने फोन कर बताया कि उसने जहर खा लिया है और पत्नी की हत्या कर दी है। 2. गुरुग्राम में गर्लफ्रेंड के लिए शादी के 3 महीने बाद पत्नी को मारा एक अन्य मामले में हरियाणा के गुरुग्राम में शादी के महज तीन महीने बाद पत्नी की हत्या करने के आरोप में पुलिस ने पति और उसकी गर्लफ्रेंड को गिरफ्तार किया है। पुलिस जांच में सामने आया कि आरोपी अपनी गर्लफ्रेंड के साथ रहना चाहता था। इसी वजह से उसने शादी के बाद ही पत्नी की हत्या की साजिश रच डाली। 21 मई को वह बहाने से पत्नी को अपनी गर्लफ्रेंड के किराए के कमरे पर ले गया, जहां गोली मारकर उसकी हत्या कर दी। इसके बाद शव को बाथरूम में बंद कर दोनों फरार हो गए। शिकायत मिलने पर पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू की। वारदात के बाद दोनों नेपाल भाग गए थे। करीब एक महीने बाद किसी काम से चोरी-छिपे मानेसर लौटे, जहां पुलिस ने दबिश देकर दोनों को गिरफ्तार कर लिया। ------------------------------ ये खबर भी पढ़ें… नोएडा में 25 साल की महिला की तीसरी मंजिल से गिरकर मौत, डेढ़ साल पहले एक करोड़ में की थी शादी ग्रेटर नोएडा में 25 साल की महिला की घर की तीसरी मंजिल से गिरकर मौत हो गई। करीब डेढ़ साल पहले ही उसकी शादी हुई थी। महिला के मायके वालों का आरोप है कि बेटी की हत्या की गई।पिता का कहना है कि ससुराल वाले शादी के बाद एक फॉर्च्यूनर गाड़ी और 51 लाख रुपए डिमांड कर रहे थे। पूरी खबर पढ़ें…
पूर्वी चंपारण के मोतिहारी में रविवार को एक घर में आग लग गई। घोड़ासहन प्रखंड के पिठवा पूर्वी टोला स्थित स्वर्गीय नवल किशोर प्रसाद के घर में शॉर्ट सर्किट से आग लगी, जिससे लाखों रुपये की संपत्ति जलकर राख हो गई। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, आग की लपटें इतनी तेज थीं कि वे आसमान छूती नजर आ रही थीं। घटना के बाद पूरे इलाके में अफरातफरी मच गई और आसपास के लोग अपनी जान बचाने के साथ-साथ आग बुझाने में जुट गए। फर्नीचर और कीमती सामान जलकर राख ग्रामीणों ने काफी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। हालांकि, तब तक घर में रखा लाखों रुपये का सामान, फर्नीचर और अन्य कीमती वस्तुएं पूरी तरह जलकर राख हो चुकी थीं। राहत की बात यह रही कि घटना के समय घर में कोई मौजूद नहीं था। परिवार के सभी सदस्य किसी काम से बाहर गए हुए थे, जबकि घर में रहने वाली एक वृद्ध महिला भी उस समय बगीचा देखने गई हुई थी। इस घटना से पीड़ित परिवार को भारी आर्थिक क्षति हुई है। स्थानीय लोगों ने प्रशासन से पीड़ित परिवार को उचित मुआवजा देने की मांग की है।
इलाहाबाद विश्वविद्यालय ने शैक्षणिक सत्र 2026-27 के चार वर्षीय बीए-बीएड (इंटीग्रेटेड) कोर्स में प्रवेश के लिए ऑनलाइन पंजीकरण प्रक्रिया रविवार, 5 जुलाई से शुरू कर दी है। विश्वविद्यालय के समर्थ प्रवेश पोर्टल पर इच्छुक अभ्यर्थी 15 जुलाई तक पंजीकरण कर सकेंगे। प्रवेश प्रक्रिया दो चरणों में आयोजित की गई है। जिसमें पहले चरण में अभ्यर्थियों को अपनी प्रोफाइल अपडेट करनी होगी और आवश्यक दस्तावेज अपलोड करने होंगे। आवश्यक दस्तावेजों में सीयूईटी-एनसीईटी 2026 का प्रवेश पत्र तथा स्कोर कार्ड, हाईस्कूल और इंटरमीडिएट के अंकतालिका व प्रमाणपत्र, हालिया पासपोर्ट आकार का फोटो तथा आरक्षित वर्ग के अभ्यर्थियों के लिए केंद्र सरकार के प्रारूप में जारी वैध जाति व ईडब्ल्यूएस प्रमाणपत्र शामिल हैं। विश्वविद्यालय प्रशासन के मुताबिक दस्तावेजों में दी गई सभी जानकारियां सहायक और सत्य होने की जिम्मेदारी अभ्यर्थी की होगी। दूसरे चरण में अभ्यर्थियों को बीए-बीएड कार्यक्रम का चयन कर ऑनलाइन 300 रुपये का पंजीकरण शुल्क जमा करना होगा। केवल सफलतापूर्वक पंजीकृत, दस्तावेज सत्यापित और शुल्क जमा करने वाले अभ्यर्थी आगे की काउंसलिंग एवं प्रवेश प्रक्रिया में भाग ले सकेंगे। प्रवेश प्रशासन ने अभ्यर्थियों से अंतिम तिथि का इंतजार न करने और समय रहते सभी औपचारिकताएँ पूरी करने की सलाह दी है। किसी तकनीकी समस्या या सहायता के लिए उम्मीदवार विश्वविद्यालय के प्रवेश पोर्टल पर दिए संपर्क विवरण के माध्यम से सहायता प्राप्त कर सकते हैं।
रेवाड़ी में घर में ब्लास्ट, 4 लोग झुलसे:शीशे-दरवाजे टूटकर दूर गिरे; पड़ोसी बोले- बम फटने जैसी आवाज आई
रेवाड़ी के हंस नगर स्थित एक घर में रविवार शाम जोरदार धमाका हुआ। हादसे में 4 लोग झुलस गए हैं, जिनमें एक युवती की हालत गंभीर है। घर में लगे शीशे और दरवाजे भी टूट गए। बताया गया है कि प्रेस करते हुए धमाका हुआ। घटना की सूचना मिलने के बाद पुलिस की टीमें जांच के लिए मौके पर पहुंचीं। घायलों को सिविल अस्पताल ले जाया गया। इसके बाद सभी घायलों को रोहतक, गुरुग्राम और दिल्ली के अलग-अलग अस्पतालों में रेफर कर दिया गया। अभी यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि ब्लास्ट किस चीज में हुआ। फोरेंसिक टीम ने भी मौके पर जांच की है। पड़ोसियों का कहना है कि आवाज बम फटने जैसी थी। ब्लास्ट से नुकसान की दो तस्वीरें… ब्लास्ट पर युवक की तीन बातें… प्रेस करते हुए धमाका हुआ हंस नगर निवासी रोहित ने बताया कि उनके पड़ोसी सतबीर चौहान सेना से रिटायर्ड हैं। रविवार शाम उनकी 28 वर्षीय बेटी तनु घर में कपड़ों पर प्रेस कर रही थी। इसी दौरान अचानक तेज धमाका हो गया। उस समय घर में तनु के अलावा उसके पिता सतबीर, मां मधु, रिश्तेदार की दो वर्षीय बच्ची खुशी और रोहित के पिता जयभगवान भी मौजूद थे। जयभगवान CRPF में कार्यरत हैं। घर में रखे फ्रिज-सिलेंडर सुरक्षित रोहित ने बताया कि धमाके में तनु गंभीर रूप से झुलस गई, जबकि सतबीर, जयभगवान और दो वर्षीय खुशी भी घायल हो गए। धमाके से मकान को भी भारी नुकसान पहुंचा। घर के शीशे टूट गए और दरवाजे उखड़कर दूर जा गिरे। हालांकि, घर में रखा फ्रिज और गैस सिलेंडर सुरक्षित हैं। फिलहाल यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि धमाका आखिर किस वजह से हुआ। तनु की इसी साल नवंबर में शादी रोहित ने बताया कि सतबीर अंकल तनु का रिश्ता कर चुके थे। उसकी इसी साल 25 नवंबर को शादी होनी है। उसे बहुत ज्यादा चोटें आई हैं। तनु का एक बड़ा भाई भी है। वह रेवाड़ी में ही एक कंपनी में काम करता है। घटना के समय वह घर पर नहीं था। सभी घायलों को अलग-अलग अस्पताल भेजा रिश्ते में सतबीर के पोते लगने वाले समीर ने बताया- हमारे पास धमाका होने की सूचना आई थी। इसके बाद हम मौके पर पहुंच गए। तब तक सभी को अस्पताल ले जाया जा चुका था। तनु को रोहतक PGI रेफर किया गया है। दादा सतबीर को गुरुग्राम में भेजा गया है। पड़ोयी जयभगवान को दिल्ली आर्मी के अस्पताल में भेजा गया है। मधु और खुशी को हल्की-फुल्की चोट है।
डूंगरपुर के कुंआ थाना क्षेत्र में पुलिस ने अवैध शराब के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए एक बाइक और किराना दुकान से अंग्रेजी शराब व बीयर जब्त की है। नाकाबंदी के दौरान बाइक से तीन कार्टन शराब-बीयर मिलने के बाद सूचना के आधार पर किराना दुकान पर दबिश दी गई, जहां से भी अवैध शराब बरामद हुई। पुलिस ने आबकारी अधिनियम के तहत दो सगे भाइयों को गिरफ्तार कर मामला दर्ज किया है। नाकाबंदी में बाइक से मिली शराब कुंआ थाना प्रभारी रघुवीर सिंह ने बताया कि 4 जुलाई को बेडुवा पुल के पास नाकाबंदी की गई थी। इस दौरान आनंदपुरी की ओर से आ रहे एक बाइक सवार ने पुलिस को देखकर भागने का प्रयास किया, लेकिन पुलिस ने पीछा कर उसे पकड़ लिया। पूछताछ में उसकी पहचान नोलियावाड़ा निवासी मनोज पुत्र मोतीलाल कलाल के रूप में हुई। तीन कार्टन अंग्रेजी शराब और बीयर बरामद बाइक की तलाशी लेने पर आगे रखे कट्टे से अंग्रेजी शराब और बीयर के तीन कार्टन बरामद हुए। शराब रखने का कोई वैध लाइसेंस नहीं मिलने पर पुलिस ने शराब और बाइक जब्त कर ली। सूचना पर किराना दुकान में दबिश इसी कार्रवाई के दौरान पुलिस को सूचना मिली कि साकोदरा में सड़क किनारे स्थित एक किराए की किराना दुकान पर अवैध शराब का भंडारण किया गया है। पुलिस ने दुकान पर दबिश देकर तलाशी ली, जिसमें अवैध अंग्रेजी शराब और बीयर बरामद हुई। यह दुकान नोलियावाड़ा निवासी हितेश पुत्र मोतीलाल कलाल संचालित कर रहा था। दोनों भाइयों पर आबकारी अधिनियम में केस पुलिस ने मौके से शराब जब्त कर मनोज और हितेश, दोनों सगे भाइयों के खिलाफ आबकारी अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर उन्हें गिरफ्तार कर लिया। पुलिस का कहना है कि जिले में अवैध शराब के परिवहन, भंडारण और बिक्री के खिलाफ अभियान लगातार जारी रहेगा।
नवादा जिले में उत्पाद विभाग ने बड़ी कार्रवाई करते हुए 5 लाख रुपये से अधिक की अवैध शराब और 10 लाख रुपये मूल्य की एक बोलेरो गाड़ी जब्त की है। यह कार्रवाई रजौली थाना क्षेत्र के चितरकोली स्थित समेकित जांच चौकी पर की गई। शराब को झारखंड से बिहार लाया जा रहा था। जब्त की गई बोलेरो में बने गुप्त तहखानों से कुल 251 बोतल शराब और बीयर बरामद हुई है, जिसकी कुल मात्रा 137.5 लीटर है। शराब तस्करों ने गाड़ी के चालक, सहचालक, बीच और पिछली सीटों के नीचे तहखाने बनाए थे। इसके अलावा, फाइबर के डैशबोर्ड में भी शराब छिपाई गई थी। 500 एमएल वाले 95 केन शामिलबरामद शराब में रॉयल स्टैग की 750 एमएल वाली 84 बोतलें, 375 एमएल वाली 72 बोतलें और किंगफिशर बीयर के 500 एमएल वाले 95 केन शामिल हैं। इस मामले में कोडरमा जिले के तिलैया बस्ती निवासी प्रवीण कुमार को गिरफ्तार किया गया है। प्रवीण कुमार ने पूछताछ में बताया कि उसे यह शराब से भरी बोलेरो सतगांवा थाना क्षेत्र के बबलू नामक व्यक्ति ने दी थी। उसे यह खेप नवादा जिले के अकबरपुर और नवादा में पहुंचानी थी। प्रवीण ने कथित शराब आपूर्तिकर्ता बबलू और डिलीवरी लेने वाले का मोबाइल नंबर भी दिया है। उत्पाद विभाग की कार्रवाई लगातार जारी रहेगीउत्पाद इंस्पेक्टर ने बताया कि जब्त शराब और बीयर के साथ गिरफ्तार व्यक्ति के अलावा अन्य संदिग्धों के विरुद्ध बिहार उत्पाद अधिनियम के तहत प्राथमिकी दर्ज की गई है। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि शराब से संबंधित अवैध गतिविधियों के खिलाफ उत्पाद विभाग की कार्रवाई लगातार जारी रहेगी।
जहानाबाद में अवैध बालू खनन को लेकर हुई गोलीबारी की घटना के बाद रविवार को मगध क्षेत्र के पुलिस महानिरीक्षक (आईजी) विकास वैभव ने घटनास्थल का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने पूरे मामले की जानकारी ली और पुलिस अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। आईजी ने बताया कि अवैध बालू खनन को लेकर दो पक्षों के बीच हुई गोलीबारी में आधा दर्जन लोग घायल हो गए थे। इस घटना में रामपुर गांव निवासी धीरज शर्मा की मौत हो गई है। घटना के बाद इलाके में तनाव का माहौल बना हुआ है, जिस पर पुलिस लगातार नजर बनाए हुए है। उन्होंने कहा कि मामले को गंभीरता से लेते हुए कई लोगों को अभियुक्त बनाया गया है। सभी आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी अभियान चलाया जा रहा है। पुलिस ने इस मामले में विष्णु शर्मा नामक एक आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि अन्य आरोपियों की पहचान और गिरफ्तारी की कार्रवाई जारी है। आरोपियों पर सख्त कार्रवाई का आश्वासन आईजी विकास वैभव ने स्पष्ट किया कि इस घटना में शामिल किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा। पुलिस वैज्ञानिक एवं तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर आरोपियों की पहचान कर रही है। उन्होंने बताया कि जिले के पुलिस अधीक्षक स्वयं पूरे मामले की निगरानी कर रहे हैं और जांच की प्रगति पर लगातार नजर रखी जा रही है। उन्होंने यह भी कहा कि भविष्य में इस प्रकार की घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो, इसके लिए पुलिस विशेष रणनीति के तहत कार्रवाई करेगी। अवैध बालू खनन पर रोक लगाने के लिए भी सख्त कदम उठाए जाएंगे तथा संबंधित क्षेत्रों में पुलिस की निगरानी बढ़ाई जाएगी। मामले का स्पीडी ट्रायल कराया जाएगा आईजी ने बताया कि मामले का स्पीडी ट्रायल कराया जाएगा ताकि दोषियों को जल्द से जल्द सजा दिलाई जा सके। पुलिस प्रशासन कानून-व्यवस्था बनाए रखने और आम लोगों में सुरक्षा की भावना कायम रखने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। घटना के बाद क्षेत्र में अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती कर स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है।
कई बार अच्छे अंक आने के बाद भी बच्चों के मन में सबसे बड़ा सवाल यही होता है कि अब आगे क्या करें। कौन-सा करियर चुनें, यूपीएससी की तैयारी कैसे करें, कोचिंग जरूरी है या नहीं, पढ़ाई का दबाव कैसे संभालें और खुद पर भरोसा कैसे बनाए रखें। रविवार को चित्तौड़गढ़ में ऐसा ही नजारा देखने को मिला, जब दैनिक भास्कर स्टूडेंट अचीवर्स अवॉर्ड-2026 के दौरान होनहार स्टूडेंट्स ने अपने मन के सवाल सीधे जिले की कलेक्टर और 2016 बैच की आईएएस अधिकारी डॉ. मंजू के सामने रख दिए। कलेक्टर ने भी बिना किसी औपचारिकता के बच्चों से खुलकर बात की और अपने अनुभव साझा करते हुए बताया कि सफलता का कोई शॉर्टकट नहीं होता। उन्होंने कहा कि अच्छे अंक आपकी मेहनत का सबूत हैं, लेकिन आगे की मंजिल सिर्फ नंबरों से नहीं, बल्कि लगातार मेहनत, सही दिशा और आत्मविश्वास से मिलती है। 507 होनहार स्टूडेंट्स का सम्मान दैनिक भास्कर स्टूडेंट अचीवर्स अवॉर्ड-2026 में सीबीएसई और राजस्थान बोर्ड की 10वीं और 12वीं परीक्षा में 85 प्रतिशत या उससे अधिक अंक हासिल करने वाले जिले के 507 स्टूडेंट्स को सम्मानित किया गया। मुख्य अतिथि कलेक्टर डॉ. मंजू ने सभी स्टूडेंट्स को सम्मानित किया। उन्होंने बच्चों से कहा कि जीवन में लक्ष्य तय करना जरूरी है, लेकिन उससे भी ज्यादा जरूरी है उस लक्ष्य के लिए रोज मेहनत करना। अगर मेहनत ईमानदारी से होगी तो सफलता देर-सवेर जरूर मिलेगी। उन्होंने बच्चों से कहा कि अपनी तुलना किसी दूसरे से करने के बजाय खुद को हर दिन बेहतर बनाने की कोशिश करें। यूपीएससी की तैयारी पर बोले- कोचिंग से ज्यादा जरूरी नियमित पढ़ाई संवाद के दौरान छात्रा डिंपल तेली ने यूपीएससी की तैयारी को लेकर सवाल पूछा। इस पर कलेक्टर ने कहा कि कोचिंग सफलता की गारंटी नहीं होती। अगर पढ़ाई नियमित हो, सिलेबस की अच्छी समझ हो, शॉर्ट नोट्स बनाकर रिवीजन किया जाए और रोज अखबार पढ़ने की आदत हो तो बिना कोचिंग के भी सफलता हासिल की जा सकती है। उन्होंने कहा कि यह मत सोचिए कि रोज कितने घंटे पढ़ना है। यह सोचिए कि आज आपने कितना सीखा और कितना समझा। वहीं निखिल दहिया और वंशिका शर्मा के सवाल पर उन्होंने कहा कि थोड़ा टेंशन हर छात्र के लिए जरूरी होता है, क्योंकि वही आगे बढ़ने की प्रेरणा देता है। लेकिन अगर वही तनाव बन जाए तो पढ़ाई पर असर पड़ता है। इसलिए खुद को मानसिक रूप से मजबूत रखना भी जरूरी है। अपनी कहानी सुनाकर बताया- गांव से निकलकर भी बड़े सपने पूरे होते हैं बच्चों का आत्मविश्वास बढ़ाने के लिए डॉ. मंजू ने अपनी जिंदगी का सफर भी साझा किया। उन्होंने बताया कि उनका बचपन झुंझुनूं जिले के एक छोटे से गांव में बीता। पांचवीं तक गांव में पढ़ाई की और छठी में जाकर पहली बार अंग्रेजी सीखी। 10वीं में 83.5 प्रतिशत और 12वीं में 88 प्रतिशत अंक आए। पूरी स्कूली पढ़ाई हिंदी माध्यम से हुई। इसके बाद दिल्ली के प्रतिष्ठित लेडी मेडिकल कॉलेज से मेडिकल की पढ़ाई की। पीएमटी पहले प्रयास में नहीं निकली, लेकिन दूसरे प्रयास में सफलता मिली। बाद में यूपीएससी की तैयारी की और देशभर में 59वीं रैंक हासिल कर आईएएस बनीं। उन्होंने कहा कि अगर एक गांव की हिंदी मीडियम की छात्रा आईएएस बन सकती है तो आज के बच्चों के पास उससे कहीं ज्यादा अवसर हैं। जरूरत सिर्फ मेहनत और विश्वास की है। पेरेंट्स से भी कहा- बच्चों को दबाव नहीं, भरोसा दीजिए डॉ. मंजू ने अभिभावकों से कहा कि बच्चों पर अपने अधूरे सपनों का बोझ न डालें। उन्हें अच्छे संस्कार दें, सही माहौल दें और उनकी रुचि के अनुसार आगे बढ़ने का मौका दें। दूसरे बच्चों से तुलना करके उन पर दबाव बनाना सही नहीं है। उन्होंने बताया कि उनके पिता ने कभी उन पर किसी खास करियर का दबाव नहीं बनाया। इसी वजह से वे बिना डर के अपने लक्ष्य तक पहुंच सकीं। उन्होंने सोशल मीडिया और नशे जैसी बढ़ती चुनौतियों से बच्चों को बचाने की जरूरत भी बताई। इतना ही नहीं, उन्होंने स्टूडेंट्स को अपना मोबाइल नंबर देते हुए कहा कि अगर कभी पढ़ाई या करियर को लेकर कोई परेशानी हो तो वे सीधे उनसे संपर्क कर सकते हैं। शिक्षा अधिकारियों ने भी बढ़ाया हौसला कार्यक्रम में विशिष्ट अतिथि मुख्य जिला शिक्षा अधिकारी प्रमोद कुमार दशोरा, मुख्य ब्लॉक शिक्षा अधिकारी शंभूलाल सोमानी, मुख्य प्रायोजक आरएनटी ग्रुप ऑफ कॉलेजेज के चेयरमैन डॉ. वसीम खान, श्रीसांवलियाजी मंदिर मंडल अध्यक्ष हजारीदास वैष्णव, विजन ग्रुप ऑफ कॉलेजेज के चेयरमैन ओमप्रकाश अग्रवाल, बिरला सीमेंट के एचआर हेड हेमंत श्रीवास्तव, आदित्य सीमेंट के लाइजनिंग हेड दीपक भट्ट, जेके सीमेंट के राहुल सिंह सहित कई अतिथि मौजूद रहे। दैनिक भास्कर के ब्यूरो चीफ राकेश पटवारी ने स्वागत उद्बोधन दिया, जबकि भीलवाड़ा चित्तौड़गढ़ सैटेलाइट यूनिट हेड मुकेश शर्मा ने आभार व्यक्त किया। मुख्य जिला शिक्षा अधिकारी प्रमोद कुमार दशोरा ने कहा कि यह आयोजन मेधावी स्टूडेंट्स को सम्मान देने के साथ उन्हें आगे बढ़ने की प्रेरणा देने वाला मंच भी है। आयोजन में ओम शिव संस्थान मंगलवाड़, भाटिया एंड कंपनी, एमपी बिरला ग्रुप, आदित्य सीमेंट, जेके सीमेंट, श्रीसांवलियाजी मंदिर मंडल, विजन ग्रुप ऑफ कॉलेज, प्रेरणा पब्लिक स्कूल, सरस डेयरी, श्री बालाजी इवेंट, संस्कार द स्कूल, श्रीकेसरियाजी जैन गुरुकुल स्कूल सहित कई संस्थानों का सहयोग रहा।
जाखल मंडी की नहर से मिला बच्चे का शव:काफी हद तक गल चुकी डेडबॉडी; लोगों की मदद से निकाली बाहर
फतेहाबाद जिले के जाखल थाना क्षेत्र में कूदनी हेड के पास रविवार को एक नहर से अज्ञात बच्चे का शव बरामद हुआ। शव काफी हद तक गल-सड़ चुका था, जिससे क्षेत्र में सनसनी फैल गई। स्थानीय लोगों ने नहर में शव देखकर जाखल पुलिस को सूचना दी। सूचना मिलते ही जाखल थाना प्रभारी संजय कुमार अपनी टीम के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने स्थानीय लोगों की मदद से शव को नहर से बाहर निकाला। इसके बाद घटनास्थल का निरीक्षण कर आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी की गई। मृतक की पहचान नहीं हो सकी पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम और पहचान के लिए टोहाना के नागरिक अस्पताल के शवगृह में भिजवा दिया है। थाना प्रभारी संजय कुमार ने बताया कि फिलहाल मृतक की पहचान नहीं हो सकी है। मृतक की उम्र 12 से 14 वर्ष आंकी गई है। बच्चे के शव को शिनाख्त के उद्देश्य से 72 घंटे तक शवगृह में सुरक्षित रखा गया है। इस दौरान यदि कोई परिजन या अन्य व्यक्ति शव की पहचान करता है, तो नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी। पुलिस की आमजन से अपील पुलिस ने आमजन से अपील की है कि यदि किसी का बच्चा लापता है या शव की पहचान संबंधी कोई जानकारी उपलब्ध हो तो तत्काल थाना जाखल पुलिस से संपर्क करें। पुलिस आसपास के थाना क्षेत्रों से लापता बच्चों की जानकारी भी जुटा रही है। मामले की सभी पहलुओं से जांच की जा रही है। अधिकारियों का कहना है कि शव की पहचान होने के बाद ही बच्चे की मृत्यु के कारणों और घटना से जुड़े अन्य तथ्यों के संबंध में स्पष्ट जानकारी सामने आ सकेगी।
मुरैना जौरा थाना क्षेत्र के पगारा डेम में अपने दादा के साथ भैंसों को नहलाने गए एक किशोर की डूबने से मौत हो गई। सूचना मिलने पर जौरा थाना पुलिस मौके पर पहुंची और स्थानीय गोताखोरों की मदद से किशोर के शव को डेम से बाहर निकाला। पुलिस ने मर्ग कायम कर जांच शुरू कर दी है। शव को पोस्टमार्टम के लिए जौरा अस्पताल भेजा गया है। भैंस की पूंछ छूटते ही गहरे पानी में डूबा जौरा क्षेत्र के ग्राम बारे का पुरा निवासी मातादीन गुर्जर का 14 वर्षीय बेटा अनिल गुर्जर अपने दादा के साथ दोपहर में भैंसों को पगारा डेम पर नहलाने गया था। इस दौरान अनिल भैंस की पूंछ पकड़कर उसके पीछे-पीछे नहाने लगा। अचानक उसके हाथ से भैंस की पूंछ छूट गई और वह गहरे पानी में डूब गया। इससे उसकी मौत हो गई। घटना की सूचना दादा ने पुलिस और परिजनों को दी। इसके बाद जौरा पुलिस मौके पर पहुंची और स्थानीय गोताखोरों की मदद से रेस्क्यू कर किशोर के शव को बाहर निकाला। पुलिस ने लोगों से की अपील एसडीओपी जौरा नितिन बघेल ने बताया कि किशोर अपने दादा के साथ भैंसों को लेकर पगारा डेम गया था। भैंस की पूंछ पकड़कर नहाने के दौरान उसका हाथ छूट गया और वह डूब गया। उन्होंने लोगों से अपील की कि मानसून के दौरान डेम और गहरे जलाशयों के पास जाने और उनमें उतरने से बचें।
।यूपी के सरकारी अस्पतालों में जन्म लेने वाले नवजात शिशुओं को मां के दूध का सुरक्षा कवच और बेहतर तरीके से मिल सकेगा। प्रदेश सरकार ने देश का पहला लैक्टेशन मैनेजमेंट मॉड्यूल लांच किया है। फैसिलिटी-बेस्ड लैक्टेशन मैनेजमेंट (एफबीएलएम) प्रशिक्षण मॉड्यूल अस्पतालों और स्वास्थ्य केंद्रों में नवजात शिशुओं के लिए स्तनपान (ब्रेस्टफीडिंग) से जुड़े सपोर्ट सिस्टम को मजबूत करेगा। इस मॉड्यूल को तैयार करने में पीजीआई के डॉक्टरों ने अहम भूमिका निभाई है। चिकित्सा शिक्षा विभाग के अपर मुख्य सचिव अमित कुमार घोष ने चार जुलाई को एनएचएम केएक कार्यक्रम में इस मॉड्यूल का औपचारिक उद्घाटन किया था। इस पूरे प्रोजेक्ट में यूनिसेफ और KGMU ने तकनीकी सहयोग दिया है। 45 यूनिट के स्वास्थ्यकर्मियों को मिली ट्रेनिंग मॉड्यूल को बनाने में SGPGI के नियोनेटोलॉजी विभाग की डॉ.अनीता सिंह का योगदान बेहद खास रहा। उन्होंने नवजात शिशुओं के पोषण, ह्यूमन मिल्क बैंकिंग और स्तनपान को बढ़ावा देने के अपने लंबे अनुभव का इस्तेमाल कर इस मॉड्यूल का वैज्ञानिक और तकनीकी कंटेंट तैयार किया। प्रैक्टिकल मटीरियल डॉक्टरों और नर्सों को जमीनी स्तर पर प्रशिक्षण देने में मदद करेगा। इसके अलावा नवजात शिशु विशेषज्ञ डॉ. अनीता सिंह के अलावा डॉ.एसएन सिंह, डॉ. शालिनी त्रिपाठी, डॉ.प्रतिमा आनंद ने भी इसे बनाने में मदद की है। 29 जून से 4 जुलाई तक आयोजित विशेष प्रशिक्षण में प्रदेश की 45 लैक्टेशन मैनेजमेंट यूनिट्स के स्वास्थ्यकर्मियों ने हिस्सा लिया। कम होगी डिब्बाबंद दूध पर निर्भरता डॉ.अनीता सिंह के मुताबिक इस मॉड्यूल का सीधा लक्ष्य डॉक्टरों और नर्सों की क्षमता को इतना मजबूत करना है ताकि वे स्तनपान से जुड़ी चुनौतियों का तुरंत समाधान कर सकें। इससे नवजात शिशुओं के लिए बाजार के डिब्बाबंद दूध पर अनावश्यक निर्भरता कम होगी। यह कदम यूपी में शिशु स्वास्थ्य में सुधार के लिए एक बड़ा मील का पत्थर साबित होगा।
शहडोल जिले में रविवार को हुई मूसलाधार बारिश और आकाशीय बिजली ने जनजीवन को प्रभावित किया। सीधी थाना क्षेत्र के ग्राम पोंडी में आकाशीय बिजली गिरने से 16 वर्षीय किशोर की मौत हो गई। ब्यौहारी क्षेत्र के ग्राम बरा में तीन लोग झुलस गए। लगातार बारिश के कारण ब्यौहारी नगर की सड़कें जलमग्न हो गईं और कई घरों-दुकानों में पानी भर गया। सीधी थाना क्षेत्र के ग्राम पोंडी निवासी सौरभ अहिरवार (16) रविवार को अपने दादा के साथ खेत में काम कर रहा था। इसी दौरान तेज गरज-चमक के साथ आकाशीय बिजली उस पर गिर गई। सौरभ की मौके पर ही मौत हो गई। उसके दादा इस हादसे में बाल-बाल बच गए। आकाशीय बिजली गिरने की दूसरी घटना ब्यौहारी जनपद पंचायत के ग्राम बरा में हुई। यहां दुर्गावती सिंह, बसंती सिंह और बालगोविंद सिंह गंभीर रूप से झुलस गए। स्थानीय लोगों ने तीनों घायलों को ब्यौहारी सिविल अस्पताल में भर्ती कराया। चिकित्सकों ने बताया कि उनकी हालत पर लगातार नजर रखी जा रही है। जिले में हुई भारी बारिश ने ब्यौहारी नगर की जल निकासी व्यवस्था की पोल खोल दी। पपौंध तिराहा, बस स्टैंड और स्टेशन रोड सहित कई प्रमुख सड़कें पानी में डूब गईं। कई इलाकों में सड़कों पर तालाब जैसी स्थिति बन गई, जिससे लोगों का आवागमन बाधित हुआ। बारिश का पानी कई घरों और दुकानों में घुस गया, जिससे व्यापारियों को सामान खराब होने से आर्थिक नुकसान हुआ। स्थानीय लोगों ने जल निकासी की स्थायी व्यवस्था करने की मांग की है। उनका कहना है कि हर बारिश में शहर के निचले इलाकों में जलभराव होता है, लेकिन अब तक इसका स्थायी समाधान नहीं किया गया है।
सीतामढ़ी में छात्र से पैसे लिए, फॉर्म नहीं भरा:कंसल्टेंसी पर ठगी का आरोप, DM ने जांच के निर्देश दिए
सीतामढ़ी जिले के सोनबरसा प्रखंड के आरजी मोहनपुर गांव निवासी अंकुश कुमार ने एक कंसल्टेंसी पर ठगी का आरोप लगाया है। छात्र के अनुसार, बीए-बीएड में नामांकन और परीक्षा फॉर्म भरवाने के नाम पर उससे पैसे लिए गए, लेकिन उसका चौथे सेमेस्टर का परीक्षा फॉर्म नहीं भरा गया। इस कारण वह परीक्षा देने से वंचित रह गया। बीए-बीएड में नामांकन का झांसा अंकुश कुमार ने धर्मेंद्र कुमार, रितेश कुमार और सोहन कुमार सहित अन्य लोगों पर आरोप लगाया है। उनके मुताबिक, इन लोगों ने कम शुल्क में बीए-बीएड में नामांकन का झांसा देकर उनसे पूरी राशि जमा करा ली थी। जब अंकुश परीक्षा फॉर्म की जानकारी लेने पहुंचा, तो उसे पता चला कि उसका फॉर्म भरा ही नहीं गया है। इस घटना से छात्र काफी परेशान है। अंकुश का कहना है कि उसका शिक्षक बनने का सपना है, लेकिन कंसल्टेंसी की कथित धोखाधड़ी ने उसके भविष्य को अनिश्चित बना दिया है। पीड़ित छात्र ने इस मामले की शिकायत जिला पदाधिकारी रिची पांडे से की है। डीएम ने बताया कि उन्हें छात्र का आवेदन प्राप्त हुआ है, जिसके आधार पर सदर डीएसपी को जांच के निर्देश दिए गए हैं। दोषियों के खिलाफ कार्रवाई तय डीएम पांडे ने कहा कि जांच रिपोर्ट आने के बाद दोषियों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। इसके अतिरिक्त, यह भी जांच की जाएगी कि संबंधित कॉलेज वास्तव में मौजूद है या नहीं और कंसल्टेंसी के दावों में कितनी सच्चाई है। उल्लेखनीय है कि सीतामढ़ी के रिंग बांध क्षेत्र में कई निजी कंसल्टेंसी संचालित हैं। ये कंसल्टेंसी बिहार सहित अन्य राज्यों के संस्थानों में B.Ed, D.El.Ed और अन्य व्यावसायिक पाठ्यक्रमों में कम शुल्क पर नामांकन कराने का दावा करती हैं। इस घटना के सामने आने के बाद इन कंसल्टेंसी केंद्रों की कार्यप्रणाली पर सवाल उठने लगे हैं।
कोरबा जिले के कटघोरा थाना क्षेत्र के ग्राम सिंघिया में चोरों ने एक किसान के घर की दीवार में सुरंग बनाकर 25 बकरियां चोरी कर लीं। इस घटना से किसान को लाखों रुपए का नुकसान हुआ है। कटघोरा पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। यह वारदात 4 जुलाई 2026 की रात 11:50 बजे से 5 जुलाई की सुबह 5 बजे के बीच हुई। ग्राम सिंघिया निवासी 45 वर्षीय किसान रामनाथ यादव अपने परिवार के साथ सो रहे थे। अज्ञात चोरों ने उनके घर की पिछली दीवार में सेंध लगाई और बकरियां रखने वाले कमरे में घुस गए। दीवार में सुरंग बनाकर 25 बकरियां चोरी सुबह करीब 5 बजे जब रामनाथ यादव उठे, तो उन्होंने कमरे का ताला टूटा हुआ पाया और दीवार में सुरंग बनी हुई थी। कमरे से 20 बकरी और 5 बकरे सहित कुल 25 बकरियां गायब थीं। चोरों ने बकरियों को बांधकर ले जाने के निशान भी छोड़े हैं। चोरी हुई बकरियों की अनुमानित कीमत 2 से ढाई लाख रुपए बताई जा रही है, क्योंकि प्रत्येक बकरी की कीमत 8-10 हजार रुपए होती है। इस घटना से ग्रामीणों में आक्रोश है। स्थानीय लोगों का कहना है कि इलाके में पशु चोरी की घटनाएं बढ़ रही हैं, लेकिन पुलिस गश्त प्रभावी नहीं है। पुलिस जांच में जुटी रामनाथ यादव की शिकायत पर कटघोरा थाने में अपराध क्रमांक 239/2026 के तहत मामला दर्ज किया गया है। पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 331(4) (घर में सेंध लगाकर चोरी) और धारा 305(E) (पशु चोरी) के तहत कार्रवाई की है। पुलिस टीम ने घटनास्थल का निरीक्षण कर साक्ष्य जुटाए हैं, सीसीटीवी फुटेज खंगाले जा रहे हैं और मुखबिरों को सक्रिय किया गया है। अधिकारियों ने जल्द ही आरोपियों की गिरफ्तारी और बकरियों की बरामदगी का आश्वासन दिया है।
बक्सर में 7 जुलाई को विशेष सहयोग शिविर:पंचायतों में सुनवाई होगी, मौके पर होगा शिकायतों का निपटारा
बक्सर जिला प्रशासन ने आम लोगों की समस्याओं के त्वरित समाधान के लिए 7 जुलाई को जिले की विभिन्न पंचायतों में विशेष सहयोग शिविर आयोजित करने का निर्णय लिया है। इन शिविरों में प्रशासनिक अधिकारी, पुलिस पदाधिकारी और विभिन्न विभागों के प्रतिनिधि मौजूद रहेंगे। मौके पर ही लोगों की शिकायतें सुनकर उनका समाधान किया जाएगा। वैना पंचायत में सहयोग शिविर आयोजित होंगेजिला प्रशासन के अनुसार, ये सहयोग शिविर दो चरणों में आयोजित होंगे। पहले चरण में सुबह 10 बजे से दोपहर 1 बजे तक इटाढ़ी प्रखंड की बसाव कला एवं बसुधर, राजपुर की सिकठी, चौसा की चुन्नी, डुमरांव की लाखनडिहरा, सिमरी की सिमरी एवं बलिहार, ब्रह्मपुर की गायघाट एवं दक्षिणी नैनीजोर, चक्की की अरक, नावानगर की भटौली एवं रूपसागर, चौगाई की मसर्हिया और केसठ की कतिकनार पंचायत में शिविर लगेंगे। दूसरे चरण में दोपहर 2 बजे से शाम 5 बजे तक बक्सर प्रखंड की सोनवर्षा एवं दलसागर, चौसा की पवनी, इटाढ़ी की उनवास, राजपुर की अकबरपुर एवं देवढ़ियां, डुमरांव की मुंगाव, सिमरी की मझवारी, ब्रह्मपुर की कैथी एवं पोखरहा तथा नावानगर की वैना पंचायत में सहयोग शिविर आयोजित होंगे। आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगीजिला प्रशासन ने बताया कि प्रत्येक शिविर में आम नागरिकों के लिए बैठने की समुचित व्यवस्था, शीतल पेयजल और शौचालय सहित अन्य आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी, ताकि लोगों को कोई असुविधा न हो। प्रशासन ने जिले के सभी नागरिकों से अपील की है कि वे निर्धारित तिथि और समय पर अपनी पंचायत में आयोजित सहयोग शिविर में पहुंचकर अपनी समस्याएं अधिकारियों के समक्ष रखें और मौके पर समाधान का लाभ उठाएं। इस पहल का मुख्य उद्देश्य सरकारी सेवाओं को आम लोगों तक पहुंचाना और उनकी शिकायतों का त्वरित एवं प्रभावी निस्तारण सुनिश्चित करना है।
राष्ट्रीय लोक जनशक्ति पार्टी आगामी बांकीपुर विधानसभा क्षेत्र के उपचुनाव में अपना उम्मीदवार उतारेगी। इसकी घोषणा पार्टी के कार्यकारी राष्ट्रीय अध्यक्ष और पूर्व सांसद प्रिंस पासवान ने पटना स्थित प्रदेश कार्यालय में आयोजित एक संवाददाता सम्मेलन में की। इस दौरान लोक जनशक्ति पार्टी के संस्थापक और दिवंगत केंद्रीय मंत्री स्वर्गीय रामविलास पासवान की जयंती समारोह का भी आयोजन किया गया। पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष और पूर्व केंद्रीय मंत्री पशुपति कुमार पारस सहित तमाम वरिष्ठ नेताओं ने उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की। इस मौके पर पशुपति पारस ने केंद्र सरकार से दिवंगत नेता रामविलास पासवान को देश के सर्वोच्च नागरिक सम्मान 'भारत रत्न' से नवाजने की पुरजोर मांग की। उन्होंने कहा कि रामविलास पासवान ने अपना पूरा जीवन वंचितों, शोषितों और दलितों के उत्थान के लिए समर्पित कर दिया, इसलिए वे इस सम्मान के सच्चे हकदार हैं। बांकीपुर उपचुनाव पर बड़ा राजनीतिक दांव समारोह के बाद कार्यकारी अध्यक्ष प्रिंस पासवान ने संगठनात्मक मजबूती पर जोर दिया और घोषणा की कि पार्टी बांकीपुर विधानसभा सीट पर होने वाले आगामी उपचुनाव में अपना प्रत्याशी उतारेगी। इस फैसले को बिहार की राजनीति में आरएलजेपी की अपनी जमीन मजबूत करने और कार्यकर्ताओं में नया जोश फूंकने के प्रयास के रूप में देखा जा रहा है। कानून व्यवस्था और दलितों के मुद्दे पर सरकार को घेरा पार्टी ने इस दौरान बिहार की कानून व्यवस्था और दलितों की सुरक्षा को लेकर राज्य सरकार पर तीखा हमला बोला। पूर्व सांसद प्रिंस पासवान ने हाल ही में हुए 'भरत तिवारी एनकाउंटर' का मुद्दा उठाते हुए इस पूरे मामले की उच्च स्तरीय जांच कराने और दोषियों को सख्त से सख्त सजा देने की मांग की। साथ ही उन्होंने बिहार में दलितों पर बढ़ रहे कथित अत्याचारों पर कहा कि राज्य सरकार को इस ओर तुरंत ध्यान देना चाहिए और सुरक्षा के कड़े कदम उठाने चाहिए। पशुपति पारस खुद को दोबारा स्थापित करने की कर रहे तैयारी 2021 में लोक जनशक्ति पार्टी के दोफाड़ होने के बाद से ही चाचा पशुपति पारस और भतीजे चिराग पासवान के बीच रामविलास पासवान की राजनीतिक विरासत और उनके जनाधार (विशेषकर दलित/पासवान वोट बैंक) पर कब्जे की लड़ाई चल रही है। चिराग पासवान जहां वर्तमान में केंद्र सरकार में मंत्री हैं और एनडीए के मजबूत स्तंभ हैं, वहीं पशुपति पारस की आरएलजेपी खुद को राजनीतिक रूप से दोबारा स्थापित करने के लिए संघर्ष कर रही है।
मंदसौर जिले के भावगढ़ थाना क्षेत्र के हनुमंतिया गांव में रविवार शाम भैंस चोरी के संदेह में ग्रामीणों ने दो युवकों की जमकर पिटाई कर दी। महिलाओं ने युवकों को थप्पड़ मारे। इस दौरान किसी ने घटना का वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर भी शेयर कर दिया। वीडियो में ग्रामीण और कुछ महिलाएं लाठियों व हाथों से युवकों के साथ मारपीट करते दिखाई दे रहे हैं। संदेह के आधार पर पकड़कर पीटा जानकारी के अनुसार, हनुमंतिया गांव में एक ग्रामीण के घर से भैंस चोरी हो गई थी। इसके बाद ग्रामीण संदिग्धों की तलाश कर रहे थे। इसी दौरान धुंधड़का हाट में संदेह के आधार पर दो युवकों को पकड़ लिया गया। इनमें एक युवक बरखेड़ी और दूसरा जवासिया गांव का निवासी बताया जा रहा है। इसके बाद ग्रामीणों ने दोनों को गांव लाकर पिटाई की और फिर पुलिस के हवाले कर दिया। देखें तस्वीरें.. पुलिस ने नहीं की चोरी की पुष्टी सूचना मिलने पर भावगढ़ थाना पुलिस मौके पर पहुंची और दोनों युवकों को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू की। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, दोनों युवक भील समाज से संबंधित हैं। हालांकि पुलिस ने अभी तक भैंस चोरी में उनकी संलिप्तता की पुष्टि नहीं की है। पुलिस वीडियो की जांच कर रही है। भावगढ़ थाना प्रभारी वर सिंह कटारा ने बताया कि दोनों संदिग्धों से पूछताछ जारी है। जांच पूरी होने के बाद ही स्थिति स्पष्ट होते ही मामले में आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।
मेडिकल कॉलेज में 24 घंटे से ब्लैकआउट:जनरेटर-यूपीएस से इलाज जारी, गर्मी और उमस से मरीज हो रहे बेहाल
शहडोल संभाग के सबसे बड़े बिरसा मुंडा शासकीय मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल में रविवार को पिछले 24 घंटे से मुख्य बिजली आपूर्ति ठप है। तकनीकी खराबी के कारण हुई इस ब्लैकआउट से भीषण गर्मी और उमस में वार्डों में भर्ती मरीजों तथा उनके परिजनों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। हालांकि, अस्पताल प्रबंधन का दावा है कि जनरेटर और यूपीएस बैकअप के माध्यम से सभी आवश्यक स्वास्थ्य सेवाएं जारी हैं। जानकारी के अनुसार, मेडिकल कॉलेज परिसर की मुख्य विद्युत व्यवस्था में शनिवार से तकनीकी इलेक्ट्रिकल फॉल्ट के कारण बिजली बाधित है। इसका सीधा असर वार्डों, ओपीडी परिसर, मरीजों के परिजनों के प्रतीक्षालय और अन्य सामान्य सुविधाओं पर पड़ा है। पंखे, कूलर जैसी बिजली आधारित सुविधाएं प्रभावित होने से मरीजों, बुजुर्गों और बच्चों को विशेष रूप से दिक्कत हो रही है। बिजली आपूर्ति बाधित होने की सूचना मिलते ही तकनीकी टीमों को सुधार कार्य में लगाया गया। अस्पताल प्रबंधन के अनुसार, ऑपरेशन थिएटर, आईसीयू, इमरजेंसी, लेबर रूम और जांच सुविधाओं सहित सभी महत्वपूर्ण चिकित्सा सेवाओं को जनरेटर एवं यूपीएस बैकअप के सहारे संचालित किया जा रहा है ताकि उपचार प्रभावित न हो। मेडिकल कॉलेज अधीक्षक डॉ. नागेंद्र सिंह ने बताया कि मुख्य बिजली आपूर्ति तकनीकी इलेक्ट्रिकल फॉल्ट के कारण बंद है। उन्होंने आश्वस्त किया कि बिजली संकट के बावजूद मरीजों के इलाज, इमरजेंसी सेवाओं और अन्य जरूरी स्वास्थ्य सुविधाओं में कोई बाधा नहीं आने दी गई है। आवश्यक बिजली व्यवस्था जनरेटर और यूपीएस के माध्यम से लगातार जारी है। डॉ. सिंह ने यह भी बताया कि तकनीकी खराबी दूर करने का काम लगातार जारी है। फॉल्ट की गंभीरता को देखते हुए जबलपुर से विशेषज्ञ तकनीकी टीम बुलाई गई है। टीम के पहुंचने के बाद खराबी को दूर कर मेडिकल कॉलेज की मुख्य बिजली आपूर्ति जल्द बहाल करने का प्रयास किया जाएगा।लगातार 24 घंटे से बिजली संकट बने रहने के कारण मेडिकल कॉलेज की वैकल्पिक बिजली व्यवस्था और तकनीकी रखरखाव को लेकर भी सवाल उठने लगे हैं।
शिवहर में राष्ट्रीय जनता दल (राजद) का 30वां स्थापना दिवस उत्साह और राजनीतिक जोश के साथ मनाया गया। इस अवसर पर शिवहर विधानसभा के पूर्व राजद प्रत्याशी नवनीत कुमार झा ने एनडीए सरकार पर तीखा हमला बोला। जिले के मंगल भवन में आयोजित कार्यक्रम का नेतृत्व नवनीत कुमार झा ने किया। मीनापुर के पूर्व विधायक राजीव कुमार उर्फ मुन्ना यादव, जिलाध्यक्ष उपेंद्र पासवान, बेलसंड के पूर्व विधायक संजय गुप्ता सहित बड़ी संख्या में राजद कार्यकर्ता मौजूद रहे। नेताओं ने केक काटकर स्थापना दिवस मनाया और राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव तथा नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव के समर्थन में नारे लगाए। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए नवनीत कुमार झा ने आरोप लगाया कि बिहार में कानून-व्यवस्था पूरी तरह ध्वस्त हो चुकी है। उन्होंने कहा कि राज्य में हत्या, लूट और दुष्कर्म जैसी घटनाएं लगातार बढ़ रही हैं, जिससे अराजकता का माहौल है। झा ने सरकार को जनता की सुरक्षा करने में पूरी तरह विफल बताया। नवनीत झा ने अयोध्या का जिक्र करते हुए भगवान श्रीराम के नाम पर जुटाए गए चंदे में चोरी का आरोप लगाया। उन्होंने इसे आस्था के साथ विश्वासघात करार दिया और कहा कि जनता ऐसे मामलों का जवाब लोकतांत्रिक तरीके से देगी। झा ने सरकार पर जातिगत आधार पर राजनीति करने का भी आरोप लगाया। उन्होंने राष्ट्रीय जनता दल की स्थापना के उद्देश्यों पर प्रकाश डाला, जिसमें सामाजिक न्याय, धर्मनिरपेक्षता और वंचित वर्गों के अधिकारों की रक्षा शामिल है। झा ने बताया कि तेजस्वी यादव के नेतृत्व में पार्टी संगठन बूथ स्तर तक मजबूत हो रहा है और आगामी चुनाव में बेरोजगारी, भ्रष्टाचार, पलायन तथा जनसरोकार के मुद्दों को लेकर जनता के बीच जाएगी। इस दौरान यह भी जानकारी दी गई कि नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने बिहार भर में आयोजित राजद के 30वें स्थापना दिवस समारोहों की लाइव मॉनिटरिंग की और विभिन्न जिलों के कार्यक्रमों की जानकारी लगातार प्राप्त करते रहे।

