यूपी: RSS वर्कर के हत्यारोपियों की धान की फसल पर चला बुलडोजर!
यूपी के देवरिया में RSS कार्यकर्ता की पीट-पीटकर हुई हत्या के मामले में प्रशासन ने आरोपियों पर बड़ी कार्रवाई की है. तहसील प्रशासन ने सरकारी पोखरे की जमीन पर अवैध कब्जा कर बोई गई आरोपियों की धान की फसल पर बुलडोजर चलाकर उसे पूरी तरह नष्ट कर दिया है.
केली कुंज आश्रम पहुंचे प्रेमानंद महाराज, दिए दर्शन... आश्रम ने क्या-क्या कहा?
वृंदावन के प्रसिद्ध संत प्रेमानंद महाराज के शिष्य दीपक लोधी उर्फ रसिक दुलारी शरण की मौत के बाद कई तरह की अफवाहें थीं,जिनपर अब विराम लग गया है. महाराज गुरुवार की सुबह 6बजे राधा केली कुंज पहुंचे और भक्तों को दर्शन दिए. वहीं केली कुंज की संत महिमा फेसबुक पेज पर भी एक बयान शेयर किया गया.
शनि की राशि में राहु का गोचर, 58 दिन बाद 3 राशियों को लाभ
Rahu Gochar: 5 दिसंबर 2026 को शनि की राशि मकर में राहु का गोचर होगा. ज्योतिष के अनुसार 3 राशियों को बिजनेस, करियर और राजनीति में लाभ मिल सकता है.
बुकिंग शुरू होते ही इस EV पर टूटे लोग! 36 घंटे में बुक हुईं इतनी कारें
Mercedes Electric GLC की बुकिंग बीते 5 अक्टूबर को शुरू की गई थी. कंपनी इस इलेक्ट्रिक एसयूवी को आगामी 4 नवंबर को भारतीय बाजार में लॉन्च करेगी. बाजार में आने से पहले ही इस लग्ज़री इलेक्ट्रिक एसयूवी को जबरदस्त रिस्पांस मिल रहा है.
बहादुरी को सम्मान... कैप्टन स्मित मछार को इजरायल देगा वीरता पुरस्कार
इजरायली राष्ट्रपति आइजैक हर्जोग ने फ्लाईदुबई फ्लाइट 1073 के हाईजैक प्रयास को रोकने वाले भारतीय पायलट कैप्टन स्मित मछार को नागरिक वीरता पुरस्कार देने की घोषणा की. छह इजरायली नागरिकों को भी सम्मानित किया गया. मछार अब अबू धाबी में स्वस्थ हो रहे हैं.
नाना की याद में रोया जिगरी दोस्त, CM फडणवीस ने बेटे को लगाया गले
नाना पाटेकर के खास दोस्त मकरंद अनासपुरे भावुक हुए हैं. उनका रोते हुए एक वीडियो सामने आया है. महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस भी अंतिम दर्शन के लिए पहुंचे और परिवार को सांत्वना दी.
बॉन्ड पर साइन करो, 10 अक्टूबर को दिल्ली मत जाना; लोगों से ये क्या करवा रही पुलिस?
दिल्ली के जंतर-मंतर पर 10 अक्टूबर को होने वाले CJP प्रदर्शन से पहले महाराष्ट्र में पुलिस की कार्रवाई पर विवाद। कार्यकर्ताओं ने फोन कर पूछताछ, नोटिस जारी करने और प्रदर्शन में नहीं जाने का बॉन्ड भरवाने के आरोप लगाए।
बाजार की नमकीन छोड़ें, व्रत के लिए बनाएं साबूदाना-मूंगफली का मिक्चर
Navratri First Day 2026: रविवार से नवरात्रि की शुरुआत हो रही है. ऐसे में हर किसी ने अपने घर में व्रत और फलाहार बनाने की तैयारी शुरू कर दी है. अगर आप भी नवरात्रि पर नौ दिन व्रत रखने की सोच रही हैं तो आपको बाजार से नमकीन खरीदने की जगह घर पर ही साबूदाना-मूंगफली मिक्स्चर की व्रत वाली नमकीन बनाकर स्टोर कर लेनी चाहिए.
देश के डिजिटल भुगतान तंत्र की रीढ़ बन चुके यूनिफाइड पेमेंट्स इंटरफेस (UPI) को लेकर एक बड़े विवाद की चिंगारी सुलग उठी है। बैंकों, नेशनल पेमेंट्स कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया (NPCI) और बड़े पेमेंट गेटवे ऑपरेटरों की ओर से डिजिटल लेनदेन के बुनियादी ढांचे और सर्वर लागत का हवाला देते हुए 15 अक्टूबर से चुनिंदा मर्चेंट ट्रांजैक्शंस पर 0.40 प्रतिशत मर्चेंट डिस्काउंट रेट (MDR) लगाने की सुगबुगाहट तेज हो गई है। इस प्रस्तावित कदम की भनक लगते ही देशभर के खुदरा व्यापारी, उद्योग मंडल और एमएसएमई संगठन खुलकर विरोध में उतर आए हैं। व्यापारिक संगठनों ने चेतावनी दी है कि यदि छोटे और मझोले स्तर के डिजिटल लेन-देन पर किसी भी प्रकार का शुल्क थोपा गया, तो वे अपनी दुकानों के बाहर से क्यूआर कोड हटाकर 'ओनली कैश' (केवल नकद स्वीकार्य) के बोर्ड टांग देंगे। अखिल भारतीय व्यापारी परिसंघ (CAIT) समेत कई प्रमुख व्यावसायिक संस्थाओं ने इस मामले में सीधे केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण को औपचारिक पत्र लिखकर आपात हस्तक्षेप की मांग की है।क्या है 0.40% MDR का पूरा गणित और क्यों उबल रहे हैं देश भर के दुकानदारमर्चेंट डिस्काउंट रेट यानी एमडीआर वह शुल्क होता है जो बैंक या डिजिटल पेमेंट कंपनियां किसी व्यापारी से डिजिटल माध्यम से पैसे स्वीकार करने की सुविधा के बदले वसूलती हैं। साल 2020 में केंद्र सरकार ने रूपे डेबिट कार्ड और यूपीआई को पूरी तरह जीरो एमडीआर (शून्य शुल्क) के दायरे में लाकर देश में डिजिटल क्रांति को ऐतिहासिक रफ्तार दी थी। अब बैंकिंग जगत का तर्क है कि देश में प्रतिदिन करोड़ों छोटे-बड़े सौदे प्रोसेस करने के लिए डेटा सेंटर, साइबर सुरक्षा, नेटवर्क बैंडविड्थ और सर्वर कैपेसिटी पर हजारों करोड़ रुपये का सालाना खर्च आ रहा है, जिसे बिना किसी चार्ज के वहन करना मुमकिन नहीं है। इसी घाटे की भरपाई के लिए 15 अक्टूबर से ₹2,000 से अधिक के व्यापारिक यूपीआई ट्रांजैक्शंस पर 0.40% एमडीआर लागू करने की रूपरेखा प्रस्तावित की गई है। इसका सीधा मतलब यह है कि यदि कोई ग्राहक किसी रिटेल स्टोर पर ₹5,000 का सामान खरीदकर क्यूआर कोड से भुगतान करता है, तो दुकानदार के खाते में ₹20 कटकर मात्र ₹4,980 ही जमा होंगे। किराना, मेडिकल, कपड़ा और रोजमर्रा की वस्तुओं के कारोबार में मार्जिन पहले से ही 1.5 से 2 फीसदी के बीच सिमटा हुआ है, ऐसे में 0.40% का यह कट व्यापारियों के शुद्ध मुनाफे का 20 से 25 फीसदी हिस्सा सीधे छीन लेगा।वित्त मंत्री को लिखे पत्र में क्या उठी मांगें, व्यापारियों ने चेतायाव्यापारी संगठनों ने वित्त मंत्रालय को भेजे अपने विस्तृत ज्ञापन में आगाह किया है कि 0.40% एमडीआर लगाने का फैसला प्रधानमंत्री के 'डिजिटल इंडिया' और 'कैशलेस इकोनॉमी' के विजन को गहरा झटका देगा। व्यापारियों का कहना है कि उन्होंने सरकार की अपील पर ही वर्षों पुराने नकदी के लेन-देन को छोड़कर हर काउंटर पर क्यूआर कोड और साउंडबॉक्स लगाए थे। सरकार यदि बैंकों और फिनटेक कंपनियों की परिचालन लागत की भरपाई करना ही चाहती है, तो इसके लिए बजट में डिजिटल इंसेंटिव फंड का आवंटन बढ़ाया जाना चाहिए, न कि इसका बोझ छोटे दुकानदारों के मत्थे मढ़ा जाना चाहिए। पत्र में साफ चेतावनी दी गई है कि अगर इस प्रस्तावित व्यवस्था को 15 अक्टूबर से जबरन लागू किया गया, तो देश के करोड़ों रिटेलर्स सामूहिक रूप से क्यूआर कोड स्टैंड हटाकर दोबारा नकद लेन-देन शुरू करने के लिए मजबूर होंगे। इससे न केवल बैंकों में फिर से नकदी का भारी दबाव बढ़ेगा, बल्कि टैक्स चोरी पर लगाम लगाने की सरकारी कोशिशों को भी बड़ा नुकसान पहुंचेगा।आम ग्राहकों की जेब पर क्या होगा असर, क्या आपको भी चुकाना पड़ेगा अतिरिक्त शुल्कइस पूरे घटनाक्रम में आम जनता के लिए सबसे राहत की बात यह है कि पर्सन-टू-पर्सन (P2P) यानी आम लोगों के बीच होने वाले आपसी फंड ट्रांसफर पर किसी प्रकार का कोई चार्ज नहीं लगेगा। यदि आप अपने किसी रिश्तेदार, दोस्त या परिचित को यूपीआई के जरिए कोई भी धनराशि भेजते हैं, तो वह पहले की तरह ही सौ फीसदी मुफ्त रहेगी। हालांकि, इसका अप्रत्यक्ष असर आम खरीदार पर जरूर पड़ सकता है। व्यापारिक विशेषज्ञों का मानना है कि यदि दुकानदारों पर 0.40% एमडीआर का आर्थिक बोझ थोपा गया, तो वे इस नुकसान को अपनी जेब से सहने के बजाय सामान के खुदरा दाम बढ़ा देंगे या फिर डिजिटल भुगतान स्वीकार करने के लिए ग्राहक से अतिरिक्त 'सुविधा शुल्क' (कन्वीनियंस चार्ज) की मांग करेंगे। इससे रोजमर्रा की आवश्यक वस्तुओं, इलेक्ट्रॉनिक्स, मोबाइल और गारमेंट्स की खरीदारी सीधे तौर पर महंगी हो जाएगी।दिल्ली-एनसीआर से लेकर लखनऊ और पटना तक: स्थानीय बाजारों में हलचलउत्तर प्रदेश, दिल्ली-एनसीआर, बिहार, मध्य प्रदेश और राजस्थान के प्रमुख व्यापारिक केंद्रों पर इस फैसले के खिलाफ गहरा असंतोष देखा जा रहा है। दिल्ली के चांदनी चौक, सदर बाजार और करोल बाग से लेकर लखनऊ के अमीनाबाद, हजरतगंज, आलमबाग और कानपुर के नयागंज तक के व्यापारी संगठनों ने आपात बैठकें बुला ली हैं। व्यापारियों का कहना है कि पहले से ही महंगाई और जीएसटी की जटिलताओं से जूझ रहे खुदरा बाजार पर इस तरह का चार्ज लगाना कुठाराघात जैसा है। टियर-2 और टियर-3 शहरों में जहां छोटे कारोबारी अभी-अभी डिजिटल भुगतान के अभ्यस्त हुए हैं, वहां बैंक चार्ज के डर से दुकानदार ग्राहकों से सीधे कैश मांगने की तैयारी में हैं। स्थानीय व्यापार मंडलों ने दो टूक कह दिया है कि यदि सरकार ने 15 अक्टूबर से पहले इस प्रस्ताव को औपचारिक रूप से खारिज नहीं किया, तो वे चरणबद्ध विरोध प्रदर्शन और 'नो क्यूआर डे' जैसे आंदोलनों की शुरुआत करेंगे। अब सबकी निगाहें वित्त मंत्रालय और एनपीसीआई की आधिकारिक घोषणा पर टिकी हैं।
देशभर में अखबारों, टीवी चैनलों, सोशल मीडिया और चौराहों के होर्डिंग्स पर '100% गारंटीड इलाज', 'जड़ से बीमारी खत्म' और 'शहर का नंबर-1 डॉक्टर' जैसे भ्रामक दावे करने वाले अस्पतालों, क्लीनिकों और चिकित्सकों पर अब सरकार का कड़ा चाबुक चलने जा रहा है। केंद्र सरकार और राष्ट्रीय चिकित्सा आयोग (NMC) ने मरीजों की जान और गाढ़ी कमाई से खिलवाड़ करने वाले ऐसे फर्जी प्रचार पर पूर्ण प्रतिबंध लगाने और भारी जुर्माना ठोकने के लिए नए दिशा-निर्देशों का मसौदा तैयार किया है। अक्सर गंभीर बीमारियों जैसे कैंसर, डायबिटीज, गंजापन, किडनी रोग या जोड़ों के दर्द से जूझ रहे मरीज इन विज्ञापनों के बहकावे में आकर अपनी जरूरी दवाएं छोड़ देते हैं और नीम-हकीमों के चक्कर में अपनी सेहत को और जोखिम में डाल लेते हैं। केंद्रीय उपभोक्ता संरक्षण प्राधिकरण (CCPA) और स्वास्थ्य मंत्रालय के संयुक्त समन्वय से तैयार किए जा रहे इन कड़े नियमों के तहत अब किसी भी चिकित्सक या अस्पताल के लिए खुद को श्रेष्ठ बताना या बीमारी पूरी तरह ठीक करने की लिखित गारंटी देना गैर-कानूनी घोषित किया जा रहा है।'गारंटीड क्योर' और 'बेस्ट डॉक्टर' पर क्यों लगा प्रतिबंधचिकित्सा विज्ञान (Medical Science) का बुनियादी सिद्धांत यह मानता है कि हर इंसान का शरीर, उसकी रोग प्रतिरोधक क्षमता और दवा पर प्रतिक्रिया अलग होती है। ऐसे में दुनिया का कोई भी प्रमाणित डॉक्टर किसी भी बीमारी के सौ फीसदी ठीक होने की गारंटी नहीं दे सकता। इसके बावजूद कई निजी क्लीनिक, आईवीएफ सेंटर, हेयर ट्रांसप्लांट सेंटर और वैकल्पिक चिकित्सा पद्धति के संस्थान 'गारंटीड रिजल्ट' के नाम पर मरीजों से लाखों रुपये ऐंठते हैं। नए नियमों के अनुसार, अब कोई भी डॉक्टर अपने पर्चे, बोर्ड, वेबसाइट या सोशल मीडिया हैंडल पर 'नंबर-1 स्पेशलिस्ट', 'शहर का सर्वश्रेष्ठ डॉक्टर' या 'सर्वाधिक सफल सर्जन' जैसे शब्दों का उपयोग नहीं कर सकेगा। डॉक्टरों को केवल अपनी डिग्री, मान्यता प्राप्त मेडिकल काउंसिल में पंजीकृत रजिस्ट्रेशन नंबर, क्लिनिक का समय और परामर्श शुल्क जैसी तथ्यात्मक जानकारियां ही सार्वजनिक करने की छूट होगी।10 लाख से 50 लाख तक का जुर्माना और लाइसेंस निलंबन की तैयारीउपभोक्ता संरक्षण अधिनियम (Consumer Protection Act) और मेडिकल एथिक्स कोड के तहत प्रस्तावित प्रावधानों में भ्रामक विज्ञापनों के खिलाफ सख्त दंडात्मक कार्रवाई का खाका खींचा गया है। पहली बार नियम का उल्लंघन करने वाले अस्पताल या चिकित्सक पर ₹10 लाख तक का नकद जुर्माना लगाया जाएगा। यदि कोई संस्थान दोबारा इसी तरह के झूठे दावे करते हुए पाया जाता है, तो यह जुर्माना बढ़कर ₹50 लाख तक पहुंच सकता है। इसके अलावा, राष्ट्रीय चिकित्सा आयोग (NMC) की राज्य शाखाओं को यह अधिकार दिया जा रहा है कि वे बार-बार भ्रामक प्रचार करने वाले डॉक्टरों का मेडिकल प्रैक्टिस लाइसेंस 3 महीने से लेकर 1 साल तक के लिए निलंबित कर दें। गंभीर मामलों में क्लीनिक को सील करने और आपराधिक मुकदमा दर्ज कराने की सिफारिश भी की गई है।सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर्स और सेलिब्रिटी एंडोर्समेंट पर भी नकेलडिजिटल युग में इंस्टाग्राम, यूट्यूब और फेसबुक पर मेडिकल उत्पादों, जादुई भस्मों और चमत्कारी तेलों का प्रचार करने वाले सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर्स पर भी गाज गिरने वाली है। नए नियमों में यह स्पष्ट किया गया है कि यदि कोई इन्फ्लुएंसर या सेलिब्रिटी किसी मेडिकल थेरेपी, स्किन ट्रीटमेंट या डाइट सप्लीमेंट का प्रचार करता है, तो उसे उस उत्पाद के वैज्ञानिक साक्ष्य और क्लिनिकल ट्रायल की पुष्टि करनी होगी। बिना किसी प्रमाणित लैब रिपोर्ट के किसी उपचार को 'जादुई' या 'अचूक' बताकर प्रमोट करने वाले डिजिटल क्रिएटर्स पर भी उपभोक्ता मामलों के मंत्रालय द्वारा सीधे भारी जुर्माना लगाया जाएगा। अस्पतालों द्वारा जारी किए जाने वाले 'मरीज के फर्जी वीडियो टेस्टिमोनियल' (Fake Patient Reviews) पर भी पूरी तरह पाबंदी लगाई जाएगी।दिल्ली से लेकर लखनऊ और पटना तक: मरीजों को मिलेगा सीधा फायदाउत्तर प्रदेश, दिल्ली-एनसीआर, बिहार और राजस्थान जैसे बड़े राज्यों में छोटे कस्बों से बड़े शहरों में इलाज के लिए आने वाले भोले-भाले ग्रामीण अक्सर इन भ्रामक विज्ञापनों का पहला शिकार बनते हैं। लखनऊ के चारबाग, कैसरबाग और मेडिकल कॉलेज के आसपास लगे भ्रामक होर्डिंग्स से लेकर दिल्ली, कानपुर और पटना के बस अड्डों पर चिपकाए जाने वाले 'शर्तिया इलाज' के पर्चों पर अब स्थानीय नगर निगम और स्वास्थ्य विभाग की विजिलेंस टीम सीधे कार्रवाई करेगी। लखनऊ के केजीएमयू, पीजीआई और दिल्ली एम्स जैसे प्रतिष्ठित संस्थानों के वरिष्ठ डॉक्टरों ने इस कदम का स्वागत करते हुए कहा है कि इससे मरीजों का आधुनिक और वैज्ञानिक चिकित्सा पद्धति पर भरोसा और मजबूत होगा और वे गलत हाथों में फंसकर अपनी जान गंवाने से बच सकेंगे।
नाना को अंतिम विदाई देते वक्त भावुक हुए CM फडणवीस
नाना पाटेकर का गोवा स्थित अपने घर पर कार्डियक अरेस्ट से 75 साल की उम्र में उनके निधन के बाद पुणे के डोंजे में अंतिम संस्कार किया गया। महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने उन्हें श्रद्धांजलि दी और उनके पार्थिव शरीर को एंबुलेंस तक पहुंचाने में मदद की।
विदेश जाने की योजना बना रहे भारतीय पर्यटकों, छात्रों और बिजनेस प्रोफेशनल्स के लिए अंतरराष्ट्रीय मोबाइल कनेक्टिविटी अब न केवल बेहद आसान हो गई है बल्कि जेब के लिए भी काफी किफायती साबित होने जा रही है। विदेश की धरती पर कदम रखते ही सबसे पहली चिंता अपने परिवार से संपर्क साधने, होटल बुकिंग की पुष्टि करने और ऑनलाइन कैब बुक करने के लिए इंटरनेट डेटा की होती है। अब तक यात्रियों को विदेशी एयरपोर्ट पर उतरकर महंगे लोकल सिम कार्ड खरीदने की लंबी कतारों में लगना पड़ता था या फिर भारतीय टेलीकॉम ऑपरेटरों के हजारों रुपये के महंगे इंटरनेशनल रोमिंग प्लान लेने पड़ते थे। इस समस्या का समाधान करते हुए टेलीकॉम और फिनटेक प्लेटफॉर्म्स ने यात्रियों के लिए फ्री इंटरनेशनल सिम और ई-सिम (eSIM) की सुविधा पेश की है। इसके तहत सिम कार्ड के लिए कोई अतिरिक्त शुल्क नहीं देना होगा और अंतरराष्ट्रीय रोमिंग पैक की शुरुआती कीमत महज ₹241 प्रतिदिन से शुरू हो रही है, जिसमें दुनिया के 30 से अधिक प्रमुख देशों में हाई-स्पीड कनेक्टिविटी और निर्बाध कॉलिंग की सुविधा मिल रही है।फ्री इंटरनेशनल सिम और ई-सिम: झंझट-मुक्त एक्टिवेशन का नया तरीकाअब विदेश यात्रा से पहले किसी दुकान या स्टोर के चक्कर काटने की बिल्कुल जरूरत नहीं है। आधुनिक स्मार्टफोन्स में मौजूद डिजिटल ई-सिम तकनीक के जरिए यात्री भारत में बैठे-बैठे ही अपनी यात्रा से 24 घंटे पहले वर्चुअल सिम डाउनलोड और एक्टिवेट कर सकते हैं। जो यात्री फिजिकल सिम कार्ड का इस्तेमाल करना चाहते हैं, उनके लिए भी प्लेटफॉर्म्स घर बैठे मुफ्त सिम डिलीवरी का विकल्प दे रहे हैं, जिसमें केवल चुने गए डेटा और कॉलिंग पैक का ही भुगतान करना होता है। एयरपोर्ट पर लैंड करते ही जैसे ही फोन का डेटा रोमिंग ऑन किया जाता है, विदेशी पार्टनर नेटवर्क से फोन तुरंत कनेक्ट हो जाता है। इससे न केवल एयरपोर्ट पर लोकल सिम खरीदने के लिए पासपोर्ट की फोटोकॉपी जमा करने और लंबी कागजी औपचारिकताओं से आजादी मिलती है, बल्कि भारतीय बैंक खातों से जुड़े यूपीआई पेमेंट्स, व्हाट्सएप और जरूरी बैंकिंग ओटीपी (OTP) भी बिना किसी रुकावट के काम करते रहते हैं।मात्र ₹241 से रोमिंग पैक शुरू: जानिए क्या मिलेंगी सुविधाएंअंतरराष्ट्रीय यात्रा के लिए पेश किए गए नए टैरिफ प्लान्स को बजट के अनुकूल और अत्यधिक लचीला बनाया गया है। अक्सर छोटी यात्राओं पर जाने वाले यात्रियों को पूरे महीने का भारी-भरकम प्लान लेने की मजबूरी होती थी, लेकिन अब केवल ₹241 के शुरुआती बेस पैक से सेवाएं शुरू की जा सकती हैं। इन पैक्स में यात्रियों को हाई-स्पीड 4G और 5G डेटा, भारत में परिवार को बात करने के लिए लोकल कॉलिंग मिनट्स और इमरजेंसी इनकमिंग कॉल्स की सुविधा मिलती है। इसके अलावा 7 दिन, 14 दिन और 28 दिन की लंबी छुट्टियों या टूर पैकेज के लिए अनलिमिटेड डेटा और एसएमएस वाले कॉम्बो पैक भी उपलब्ध कराए गए हैं। सबसे खास बात यह है कि डेटा लिमिट खत्म होने के बाद भी व्हाट्सएप जैसे जरूरी मैसेजिंग ऐप्स धीमी स्पीड पर बिना किसी अतिरिक्त शुल्क के काम करते रहते हैं, जिससे यात्री कभी भी अपनों के संपर्क से बाहर नहीं होता।30 देशों में मिलेगी सीधी कनेक्टिविटी: देखें प्रमुख देशों की सूचीयह अंतरराष्ट्रीय रोमिंग सेवा भारतीयों के सबसे पसंदीदा 30 से अधिक पर्यटन और व्यापारिक डेस्टिनेशन्स को पूरी तरह कवर करती है। यूरोप, मध्य पूर्व, दक्षिण-पूर्व एशिया और अमेरिका जाने वाले मुसाफिर एक ही सिम कार्ड से कई देशों की यात्रा के दौरान भी कनेक्टेड रह सकते हैं:एशिया और खाड़ी देश: संयुक्त अरब अमीरात (दुबई, अबू धाबी), थाईलैंड, सिंगापुर, मलेशिया, वियतनाम, इंडोनेशिया (बाली), मालदीव, कतर, ओमान और सऊदी अरब।यूरोप (शेंगेन क्षेत्र): यूनाइटेड किंगडम (लंदन), फ्रांस, स्विट्जरलैंड, इटली, जर्मनी, स्पेन, नीदरलैंड्स, ऑस्ट्रिया और ग्रीस।अमेरिका और अन्य प्रमुख देश: संयुक्त राज्य अमेरिका (USA), कनाडा, ऑस्ट्रेलिया, न्यूजीलैंड, मॉरीशस और तुर्किए (तुर्की)।दिल्ली, मुंबई से लखनऊ के यात्रियों के लिए बड़ा वरदानदिल्ली-एनसीआर, मुंबई, बेंगलुरु के साथ-साथ उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ, वाराणसी, जयपुर और चंडीगढ़ जैसे शहरों से विदेश जाने वाले पर्यटकों और कामगारों की संख्या में भारी उछाल आया है। लखनऊ के चौधरी चरण सिंह अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट और दिल्ली के इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे से दुबई, बैंकॉक, सिंगापुर और यूरोप की सीधी उड़ानों से सफर करने वाले यात्रियों के लिए यह सेवा बजट के लिहाज से बेहद मुफीद है। अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डों पर विदेशी सिम वेंडर्स अक्सर पर्यटकों से 30 से 50 डॉलर (करीब 2,500 से 4,000 रुपये) वसूलते हैं। उसकी तुलना में भारत से ही ₹241 के शुरुआती प्लान के साथ एक्टिवेटेड सिम लेकर निकलना यात्रा खर्च को आधा कर देता है और किसी भी अप्रत्याशित वित्तीय बोझ से सुरक्षित रखता है।
Tamil Nadu और Puducherry उपचुनाव: TVK और AINRC शुरुआती रुझानों में आगे
चेन्नई, नौ अक्टूबर तमिलनाडु और पुडुचेरी में छह अक्टूबर को हुए उपचुनावों के लिए शुक्रवार को जारी मतगणना के शुरुआती रुझानों में मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय और एन. रंगासामी के नेतृत्व वाले सत्तारूढ़ दलों को बढ़त मिलती दिख रही है। तमिलनाडु में सुबह आठ बजे शुरू हुई मतगणना जैसे-जैसे आगे बढ़ी, सत्तारूढ़ तमिलगा वेत्री कषगम (टीवीके) बढ़त बनाती नजर आई। टीवीके ने सर्वाधिक वोट हासिल कर शीर्ष स्थान बरकरार रखा, जिसके बाद द्रमुक और अन्नाद्रमुक का स्थान रहा। इसी तरह, केंद्र शासित प्रदेश पुडुचेरी में शुरुआती रुझान मुख्यमंत्री एन. रंगासामी के नेतृत्व वाली ऑल इंडिया एन.आर. कांग्रेस (एआईएनआरसी) के पक्ष में दिखे। हालांकि, यह देखना अहम होगा कि क्या ये रुझान आगे भी इसी तरह बने रहते हैं या नहीं। तमिलनाडु और पुडुचेरी के ये उपचुनाव न केवल सत्तारूढ़ टीवीके और एआईएनआरसी सरकारों के लिए, बल्कि विपक्षी दलों के लिए भी बेहद महत्वपूर्ण हैं। तमिलनाडु में मदुरांतकम और धारापुरम विधानसभा सीट पर उपचुनाव हुए थे। दोनों सीट अनुसूचित जाति के लिए सुरक्षित हैं। पुडुचेरी में थट्टानचावाडी सीट पर मतदान हुआ था। इन विधानसभा क्षेत्रों के मौजूदा विधायकों के इस्तीफे के कारण उपचुनाव कराने पड़े। पुडुचेरी के मुख्यमंत्री एन. रंगासामी ने मण्गलम सीट बरकरार रखते हुए थट्टानचावाडी सीट से इस्तीफा दे दिया था, जिसके कारण इस सीट पर उपचुनाव कराना पड़ा।
Senior Citizen FD पर 8.75% तक ब्याज: प्राइवेट, सरकारी और स्मॉल फाइनेंस बैंकों की नई ब्याज दरें
सेवानिवृत्त कर्मचारियों और 60 वर्ष से अधिक उम्र के वरिष्ठ नागरिकों के लिए फिक्स्ड डिपॉजिट (FD) हमेशा से नियमित और सुरक्षित आमदनी का सबसे भरोसेमंद जरिया रहा है। त्योहारी तिमाही में सुरक्षित रिटर्न चाहने वाले बुजुर्गों के लिए स्मॉल फाइनेंस बैंकों (SFBs) से लेकर बड़े निजी व सरकारी बैंकों ने अपनी ब्याज दरों को काफी आकर्षक बना दिया है। चुनिंदा स्मॉल फाइनेंस बैंक विशेष अवधियों (Special Tenures) पर वरिष्ठ नागरिकों को 8.50% से लेकर 8.75% तक का सालाना ब्याज ऑफर कर रहे हैं, जबकि बड़े सरकारी व निजी बैंक 7.00% से 8.15% तक ब्याज दे रहे हैं। बैंक वरिष्ठ नागरिकों को सामान्य ग्राहकों की तुलना में 0.50% से 0.75% तक का अतिरिक्त ब्याज (Premium Interest) प्रदान करते हैं। यदि आप भी अपनी गाढ़ी कमाई को फिक्स्ड डिपॉजिट में निवेश करने की सोच रहे हैं, तो बैंक में पैसा लगाने से पहले स्मॉल फाइनेंस, प्राइवेट और सरकारी बैंकों की ताजा ब्याज दरों की पूरी तुलना जरूर देख लें।स्मॉल फाइनेंस बैंक: यहां मिल रहा 8.75% तक का सबसे तगड़ा रिटर्नब्याज दरों के मामले में स्मॉल फाइनेंस बैंक सबसे आगे चल रहे हैं। ये बैंक जमा पूंजी आकर्षित करने के लिए लंबी व मध्यम अवधि पर सबसे ज्यादा ब्याज दरें दे रहे हैं। ईएसएएफ (ESAF) स्मॉल फाइनेंस बैंक और सूर्योदय (Suryoday) स्मॉल फाइनेंस बैंक चुनिंदा अवधियों में वरिष्ठ नागरिकों को 8.50% से 8.75% तक की उच्चतम दर दे रहे हैं। इसी प्रकार जना स्मॉल फाइनेंस बैंक 3 साल की एफडी पर 8.30%, यूनिटी बैंक 8.00% से अधिक और उज्जीवन स्मॉल फाइनेंस बैंक 8.30% तक ब्याज दे रहा है। वरिष्ठ नागरिकों को यह ध्यान रखना चाहिए कि ये शीर्ष दरें सभी टेन्योर पर नहीं मिलतीं, बल्कि 2 साल से 5 साल की विशेष अवधियों पर ही लागू होती हैं।बैंक का नामवरिष्ठ नागरिकों के लिए उच्चतम ब्याज दर (%)सबसे अधिक ब्याज वाली अवधिईएसएएफ स्मॉल फाइनेंस बैंक (ESAF SFB)8.50% - 8.75%विशेष अवधि / 2-3 वर्षसूर्योदय स्मॉल फाइनेंस बैंक (Suryoday SFB)8.50%5 वर्षजना स्मॉल फाइनेंस बैंक (Jana SFB)8.30%3 वर्षउज्जीवन स्मॉल फाइनेंस बैंक (Ujjivan SFB)8.30%15 महीने से 3 वर्षयूनिटी स्मॉल फाइनेंस बैंक (Unity SFB)8.00% - 8.50%1001 दिन / विशेष अवधिप्राइवेट बैंक: सुरक्षा और अच्छे रिटर्न का बेहतरीन संतुलनदेश के बड़े और मझोले प्राइवेट बैंक भी वरिष्ठ नागरिकों को आकर्षक ब्याज दे रहे हैं। प्राइवेट सेक्टर में एसबीएम बैंक इंडिया (SBM Bank) 8.15% की उच्चतम दर की पेशकश कर रहा है। इसके अलावा डीसीबी बैंक (DCB Bank) 5 साल की अवधि पर 8.00%, बंधन बैंक 7.95%, इंडसइंड बैंक और यस बैंक 3 साल की एफडी पर 7.75% ब्याज दे रहे हैं। यदि देश के सबसे बड़े प्राइवेट लेंडर्स—एचडीएफसी बैंक (HDFC Bank), आईसीआईसीआई बैंक (ICICI Bank) और कोटक महिंद्रा बैंक की बात करें, तो यहां वरिष्ठ नागरिकों को 1 वर्ष से 5 वर्ष की एफडी पर 6.75% से 7.15% तक की सुरक्षित ब्याज दरें मिल रही हैं।प्राइवेट बैंक का नामवरिष्ठ नागरिकों के लिए उच्चतम दर (%)प्रमुख अवधिएसबीएम बैंक इंडिया (SBM Bank)8.15%3 वर्ष से अधिकडीसीबी बैंक (DCB Bank)8.00%5 वर्षबंधन बैंक (Bandhan Bank)7.95%1 से 3 वर्षइंडसइंड बैंक (IndusInd Bank)7.75%2 वर्ष 9 महीने से 3 वर्षएचडीएफसी / आईसीआईसीआई बैंक6.95% - 7.10%15 महीने से 5 वर्षसरकारी बैंक: सौ फीसदी सुरक्षा और भरोसेमंद ब्याज दरेंजो वरिष्ठ नागरिक अपने मूलधन की पूरी सुरक्षा और सरकारी गारंटी को प्राथमिकता देते हैं, उनके लिए पब्लिक सेक्टर बैंक (PSU Banks) सबसे सुरक्षित विकल्प हैं। सरकारी बैंकों में बैंक ऑफ इंडिया (Bank of India) 3 साल की अवधि पर 7.45% की दर के साथ सबसे आगे है। पंजाब एंड सिंध बैंक 7.35% और बैंक ऑफ बड़ौदा 7.25% तक का ब्याज दे रहे हैं। देश का सबसे बड़ा सरकारी बैंक, भारतीय स्टेट बैंक (SBI) वरिष्ठ नागरिकों को 5 साल की एफडी पर 7.05% और 'एसबीआई वी-केयर' (SBI We-Care) व सुपर सीनियर सिटीजन (80 वर्ष से अधिक) स्कीम में 7.15% तक ब्याज प्रदान करता है। वहीं पंजाब नेशनल बैंक (PNB) 444 दिनों की विशेष स्कीम पर 7.10% से 7.25% तक रिटर्न दे रहा है।सरकारी बैंक का नामवरिष्ठ नागरिकों के लिए उच्चतम दर (%)सबसे बेहतर अवधिबैंक ऑफ इंडिया (Bank of India)7.45%3 वर्षपंजाब एंड सिंध बैंक (Punjab & Sind Bank)7.35%400 से 500 दिनस्टेट बैंक ऑफ इंडिया (SBI)7.05% - 7.15%5 वर्ष (वी-केयर / सुपर सीनियर)बैंक ऑफ बड़ौदा (Bank of Baroda)7.15% - 7.25%विशेष अवधि / 3 वर्षपंजाब नेशनल बैंक (PNB)7.10% - 7.25%444 दिनक्या स्मॉल फाइनेंस बैंकों में जमा आपका पैसा सुरक्षित है? जानिए डीआईसीजीसी का नियमअक्सर बुजुर्गों के मन में यह सवाल उठता है कि ज्यादा ब्याज के लालच में स्मॉल फाइनेंस बैंक में पैसा लगाना सुरक्षित है या नहीं। भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) के नियमों के अनुसार, देश के सभी शेड्यूल्ड कमर्शियल बैंक, प्राइवेट बैंक और स्मॉल फाइनेंस बैंक आरबीआई की पूर्ण अनुषंगी संस्था डीआईसीजीसी (DICGC - Deposit Insurance and Credit Guarantee Corporation) के बीमा सुरक्षा कवच के दायरे में आते हैं। इसका मतलब यह है कि किसी भी एक बैंक में प्रति खाताधारक ₹5 लाख तक की कुल जमा पूंजी (मूलधन + ब्याज दोनों मिलाकर) कानूनी तौर पर 100% सुरक्षित और बीमित होती है। यदि किसी वरिष्ठ नागरिक के पास ₹15 लाख या ₹20 लाख की रिटायरमेंट पूंजी है, तो वे एक ही बैंक में पूरा पैसा डालने के बजाय 3 से 4 अलग-अलग बैंकों में ₹4.5 से ₹5 लाख तक की एफडी बनाकर अधिकतम ब्याज और पूरी सुरक्षा एक साथ हासिल कर सकते हैं।टैक्स के नियम और फॉर्म 15H का रखें पूरा ध्यानवरिष्ठ नागरिकों को एफडी पर मिलने वाले ब्याज को लेकर आयकर नियमों की जानकारी होना बेहद जरूरी है। आयकर कानून की धारा 80TTB के तहत 60 वर्ष से अधिक उम्र के नागरिकों को एक वित्तीय वर्ष में बैंक और डाकघर की एफडी या सेविंग्स अकाउंट से मिले ₹50,000 तक के कुल ब्याज पर सीधी टैक्स छूट मिलती है। यदि किसी वित्त वर्ष में आपका कुल ब्याज ₹50,000 से अधिक होता है, तो बैंक 10% की दर से टीडीएस (TDS) काटते हैं। यदि आपकी कुल सालाना आय टैक्स छूट सीमा से कम है और कोई कर देनदारी नहीं बनती, तो आप वित्तीय वर्ष की शुरुआत में ही बैंक में फॉर्म 15H (Form 15H) जमा कर सकते हैं, जिससे बैंक ब्याज भुगतान पर टीडीएस नहीं काटेगा। इसके अलावा जो बुजुर्ग मासिक खर्च के लिए ब्याज चाहते हैं, वे मंथली पे-आउट विकल्प चुन सकते हैं, जबकि चक्रवृद्धि लाभ के लिए मैच्योरिटी (Cumulative) विकल्प सबसे बेहतरीन साबित होता है।
वैभव IN, संजू या अभिषेक आउट... रांची में प्लेइंग-11 में होगा बदलाव
भारत और वेस्टइंडीज के बीच 5 मैचों की टी20 सीरीज का दूसरा मुकाबला आज रांची में खेला जाएगा. लखनऊ में 8 विकेट से जीत दर्ज कर टीम इंडिया ने सीरीज में 1-0 की बढ़त बना ली है. अब सबसे बड़ा सवाल प्लेइंग-11 को लेकर है. क्या वैभव सूर्यवंशी को रांची में मौका मिलेगा या टीम इंडिया लखनऊ वाला फॉर्मूला ही बरकरार रखेगी?
देश की अप्रत्यक्ष कर प्रणाली को अधिक पारदर्शी, सरल और कारोबारी-अनुकूल बनाने के उद्देश्य से 'जीएसटी 2.0' (GST 2.0) के तहत बड़े नीतिगत और प्रक्रियागत सुधारों का ऐलान कर दिया गया है। नई दिल्ली में आयोजित जीएसटी परिषद की 57वीं बैठक के बाद केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने उद्योग जगत, व्यापारिक संगठनों और मीडिया के तीखे सवालों का सामना करते हुए सरकार की भावी रूपरेखा साफ की। वित्त मंत्री ने दो टूक शब्दों में रेखांकित किया कि सुधारों के पहले चरण में कर दरों के युक्तिकरण (Rate Rationalisation) के जरिए आम जनता और विनिर्माण क्षेत्र को बड़ी राहत दी गई थी। अब दूसरे चरण का मूल मंत्र 'प्रक्रियाओं में आसानी' (Ease of Compliance) है, ताकि देश के करोड़ों व्यापारियों, एमएसएमई और स्टार्टअप्स को इंस्पेक्टर राज और कानूनी मुकदमों के डर से पूरी तरह मुक्ति मिल सके।वित्त मंत्री से पूछे गए तीखे सवाल और उनके स्पष्ट जवाबबैठक के उपरांत हुई विस्तृत वार्ता में करदाताओं, व्यापारियों और मीडिया प्रतिनिधियों ने जीएसटी की जटिलताओं को लेकर कई बुनियादी सवाल उठाए, जिन पर वित्त मंत्री ने सिलसिलेवार आधिकारिक जवाब दिए:सवाल: क्या जीएसटी 2.0 के तहत टैक्स दरों में कोई नया बदलाव किया गया है?वित्त मंत्री का जवाब: इस बैठक में दरों में कोई फेरबदल नहीं किया गया है। टैक्स स्लैब का ढांचा अब पूरी तरह स्थिर हो चुका है। दर निर्धारण के मामले अब हर बैठक में नहीं उठाए जाएंगे, बल्कि इसके लिए साल में केवल एक विशेष बैठक तय की जाएगी। फिलहाल सरकार का पूरा ध्यान व्यवस्था को सरल, पारदर्शी और तनावमुक्त बनाने पर केंद्रित है।सवाल: छोटे कारोबारियों को जीएसटी अधिकारियों के उत्पीड़न और नोटिस के डर से कब मुक्ति मिलेगी?वित्त मंत्री का जवाब: सरकार ने व्यवस्था पर विश्वास आधारित दृष्टिकोण (Trust-Based Taxation) लागू किया है। अब अधिकारियों से मनमाने ढंग से गिरफ्तारी की शक्तियां पूरी तरह समाप्त कर दी गई हैं। साथ ही ₹10,000 से कम के बकाए पर कारण बताओ नोटिस (SCN) जारी करने पर पूर्ण रोक लगा दी गई है, क्योंकि पिछले वर्षों में जारी 11 लाख से अधिक नोटिस ₹10,000 से कम के तुच्छ मामलों से जुड़े थे।सवाल: जीएसटी रिफंड और अटका हुआ इनपुट टैक्स क्रेडिट (ITC) व्यापारियों की पूंजी क्यों फंसाता है?वित्त मंत्री का जवाब: रिफंड स्वीकृति की समय-सीमा को 15 दिनों से घटाकर 10 दिन कर दिया गया है। इसके अलावा बिना इंसानी हस्तक्षेप के सिस्टम आधारित ऑटोमेटेड रिफंड 3 कार्यदिवसों के भीतर जारी होंगे। निर्दोष खरीदार द्वारा इनपुट टैक्स क्रेडिट न मिलने की समस्या पर एक विशेष समिति गठित की गई है जो 3 महीने में समाधान देगी।सवाल: एमएसएमई और टियर-2, टियर-3 शहरों के दुकानदारों के लिए रिटर्न फाइलिंग कैसे आसान होगी?वित्त मंत्री का जवाब: ₹5 करोड़ तक का सालाना टर्नओवर रखने वाले बी2सी (उपभोक्ता केंद्रित) व्यापारियों को अब हर महीने रिटर्न दाखिल करने के झंझट से मुक्ति दी जा रही है। वे तिमाही आधार पर टैक्स जमा करके साल में केवल एक बार वार्षिक रिटर्न फाइल कर सकेंगे।गिरफ्तारी की शक्तियां खत्म, जुर्मानों में भारी कटौतीजीएसटी 2.0 का सबसे बड़ा और ऐतिहासिक कदम अधिकारियों की मनमानी पर अंकुश लगाना है। नई व्यवस्था के तहत सामान्य चूक, रिटर्न में अनजानी गलतियों या तकनीकी देरी के लिए व्यापारियों पर आपराधिक मुकदमे नहीं चलाए जाएंगे। जिन मामलों में पहले धारा के तहत अधिकारियों को गिरफ्तारी का अधिकार था, उसे खत्म कर दिया गया है। इसके अतिरिक्त सामान्य जुर्माने की राशि ₹25,000 से घटाकर सीधे ₹10,000 कर दी गई है। आधुनिक आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और इनवॉइस मैचिंग टूल्स के जरिए फर्जी बिलिंग को स्रोत पर ही पकड़ लिया जाएगा, इसलिए वास्तविक ईमानदार व्यापारियों को किसी भी दंडात्मक कार्रवाई का भय पालने की आवश्यकता नहीं है।रिफंड अब 10 दिन में, इलेक्ट्रॉनिक कैश लेजर से स्वतः वापसीव्यापारियों की कार्यशील पूंजी (वर्किंग कैपिटल) ब्लॉक न हो, इसके लिए रिफंड व्यवस्था को पूरी तरह फेसलेस और ऑटोमेटेड कर दिया गया है। अब 90 फीसदी रिफंड दावों को बिना किसी अधिकारी के हस्तक्षेप के सीधे सिस्टम-आधारित रिस्क असेसमेंट के बाद मंजूर कर दिया जाएगा। अधिकारी यदि तय समय में कोई आपत्ति दर्ज नहीं करता है, तो दावा 'डीम्ड अप्रूव्ड' (स्वतः स्वीकृत) मान लिया जाएगा। इसके साथ ही व्यापारियों के इलेक्ट्रॉनिक कैश लेजर में जमा अतिरिक्त धनराशि को वापस लेने के लिए किसी बाबू की मंजूरी की दरकार नहीं होगी, यह सीधे बैंक खाते में क्रेडिट हो जाएगी।दिल्ली से लखनऊ और पटना तक: व्यापारिक जगत ने किया स्वागतउत्तर प्रदेश, दिल्ली-एनसीआर, बिहार और महाराष्ट्र सहित देशभर के व्यापारी संगठनों ने जीएसटी 2.0 के प्रक्रियागत सुधारों का जोरदार स्वागत किया है। लखनऊ के अमीनाबाद, हजरतगंज और कानपुर के थोक कपड़ा-लोहा कारोबारियों का कहना है कि ₹10,000 से कम के नोटिस बंद होने और सालाना रिटर्न की सुविधा मिलने से मुनीम और सीए के चक्कर लगाने में लगने वाला समय बचेगा। 1 अप्रैल 2027 से लागू होने वाले ये नए नियम भारत की घरेलू अर्थव्यवस्था को नई गति देंगे और स्थानीय उद्यमियों को वैश्विक स्तर पर प्रतिस्पर्धी बनाएंगे।
'मम्मा, प्लीज मुझे बचा लो...' रायबरेली में कार सवार मां-बेटी पर हमला
रायबरेली के जगतपुर थाना क्षेत्र के उड़वा गांव में अपनी मासूम बेटी को स्कूल छोड़ने जा रही महिला की कार पर कुछ दबंगों ने ईंट-पत्थरों से हमला कर दिया. इस हमले में मां और बेटी दोनों घायल हो गईं. पुलिस ने तीन आरोपियों को हिरासत में लेकर कार्रवाई शुरू कर दी है.
अचानक हाथ से चीजें गिरना शुभ या अशुभ, जान लें इसके वास्तु नियम
Vastu Tips: दैनिक जीवन में हाथ से चीजों का छूटकर गिरना महज एक इत्तेफाक नहीं है. वास्तु और ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, कुछ खास चीजों का बार-बार हाथ से गिरना भविष्य में आने वाली परेशानियों, आर्थिक तंगी और अशुभ घटनाओं का बड़ा संकेत हो सकता है. आइए जानते हैं उन चीजों के बारे में.
त्योहारी सीजन की शुरुआत के साथ ही घर जाने और घूमने की योजना बना रहे हवाई यात्रियों को तगड़ा आर्थिक झटका लगा है। प्रमुख एयरलाइन इंडिगो द्वारा ईंधन अधिभार बढ़ाए जाने के ठीक बाद अब टाटा समूह की एयर इंडिया (Air India), एयर इंडिया एक्सप्रेस और किफायती एयरलाइन अकासा एयर (Akasa Air) ने भी अपने फ्यूल सरचार्ज में भारी बढ़ोतरी का ऐलान कर दिया है। यह नई दरें 9 अक्टूबर से की जाने वाली सभी नई टिकट बुकिंग पर तत्काल प्रभाव से लागू हो चुकी हैं। इस फैसले के बाद घरेलू उड़ानों के एकतरफा टिकट पर दूरी के आधार पर ₹375 से लेकर ₹1200 तक का सीधा इजाफा देखने को मिलेगा। वहीं अंतरराष्ट्रीय उड़ानों के लिए भी एयरलाइंस ने रूट के हिसाब से अतिरिक्त सरचार्ज तय किया है। दिवाली और छठ पूजा जैसे बड़े पर्वों से ठीक पहले किराए में हुए इस इजाफे ने मध्यमवर्गीय परिवारों और नियमित यात्रा करने वाले मुसाफिरों के ट्रैवल बजट को बिगाड़ दिया है।अंतरराष्ट्रीय तनाव और एटीएफ की आसमान छूती कीमतों ने बढ़ाई लागतविमानन कंपनियों का कहना है कि एविएशन टर्बाइन फ्यूल यानी एटीएफ (ATF) की कीमतों में रिकॉर्ड तेजी के चलते उनके पास किराया बढ़ाने के अलावा कोई दूसरा विकल्प नहीं बचा था। मध्य पूर्व (मिडिल ईस्ट) में बढ़ते भू-राजनीतिक तनाव और वैश्विक ऊर्जा बाजार में कच्चे तेल की अनिश्चितता के कारण हाल के महीनों में विमान ईंधन की दरों में लगभग 14 फीसदी तक का उछाल दर्ज किया गया है। किसी भी एयरलाइन के कुल परिचालन खर्च (ऑपरेटिंग कॉस्ट) में अकेले 40 फीसदी से अधिक हिस्सा ईंधन का होता है। एयर इंडिया और अकासा एयर ने अपने आधिकारिक बयानों में स्पष्ट किया है कि वे बढ़े हुए ईंधन खर्च का पूरा बोझ यात्रियों पर डालने के बजाय केवल लागत का आंशिक हिस्सा सरचार्ज के रूप में वसूल रहे हैं। इसके साथ ही ईंधन की कीमतों और बाजार की परिस्थितियों की समय-समय पर समीक्षा की जाती रहेगी, जिससे भविष्य में राहत मिलने की संभावना भी बनी रहेगी।एयर इंडिया और अकासा एयर के नए फ्यूल स्लैब: किस दूरी पर कितना लगेगा चार्जघरेलू रूटों पर उड़ानों को दूरी के हिसाब से अलग-अलग श्रेणियों में बांटा गया है, जिससे छोटी दूरी से लेकर लंबी दूरी की उड़ानों पर अलग-अलग अतिरिक्त शुल्क लगेगा:0 से 500 किलोमीटर की दूरी: एयर इंडिया और एयर इंडिया एक्सप्रेस पर इस स्लैब के लिए प्रति टिकट ₹400 का फ्यूल सरचार्ज लागू होगा, जबकि अकासा एयर इस श्रेणी के लिए ₹375 अतिरिक्त वसूलेगी।501 से 1,000 किलोमीटर की दूरी: इस दायरे में आने वाली उड़ानों के लिए एयर इंडिया, एयर इंडिया एक्सप्रेस और अकासा एयर दोनों ने समान रूप से ₹600 का अधिभार निर्धारित किया है।1,001 से 1,500 किलोमीटर की दूरी: एयर इंडिया समूह ने इस दूरी के लिए ₹850 तय किए हैं, जबकि अकासा एयर में यात्रियों को ₹900 का अतिरिक्त भुगतान करना होगा।1,500 किलोमीटर से अधिक की दूरी: एयर इंडिया और एयर इंडिया एक्सप्रेस की 1,501 से 2,000 किमी और उससे अधिक लंबी उड़ानों पर अधिकतम ₹1,200 का फ्यूल सरचार्ज लगेगा। वहीं अकासा एयर में 1,500 किमी से ऊपर के सभी रूटों के लिए यह अधिभार ₹1,150 तय किया गया है।अंतरराष्ट्रीय उड़ानों पर भी लगा भारी सरचार्ज, विदेश जाना भी हुआ महंगाघरेलू उड़ानों के साथ-साथ विदेश जाने वाले मुसाफिरों की जेब पर भी अतिरिक्त बोझ डाला गया है। एयर इंडिया और एयर इंडिया एक्सप्रेस ने गंतव्य क्षेत्र (रीजन) के आधार पर सरचार्ज तय किया है। भारत से उत्तरी अमेरिका (यूएस, कनाडा) जाने वाले यात्रियों को एकतरफा टिकट पर 215 डॉलर (लगभग ₹18,000) का फ्यूल चार्ज देना होगा। वहीं ऑस्ट्रेलिया रूट पर 210 डॉलर, ब्रिटेन सहित पूरे यूरोप के लिए 135 डॉलर और पश्चिम एशिया/खाड़ी देशों (मिडिल ईस्ट) की यात्रा पर 55 डॉलर का सरचार्ज लगेगा। दूसरी ओर अकासा एयर ने अपनी चुनिंदा अंतरराष्ट्रीय उड़ानों—जैसे दोहा, जेद्दा, रियाद, अबू धाबी, कुवैत सिटी, फुकेत और हनोई रूट के लिए प्रति टिकट फ्लैट ₹2,500 का संशोधित फ्यूल सरचार्ज निर्धारित किया है।दिल्ली, मुंबई से लखनऊ और पटना का सफर: त्योहारी सीजन में मुसाफिरों पर सीधा असरदिल्ली-एनसीआर, मुंबई, बेंगलुरु और अहमदाबाद जैसे महानगरों से उत्तर प्रदेश और बिहार की ओर आने वाली उड़ानों की मांग त्योहारी सीजन में अपने चरम पर रहती है। दिल्ली से लखनऊ या वाराणसी की हवाई दूरी 500 से 700 किलोमीटर के दायरे में आती है, जिस पर अब सीधे ₹600 का अतिरिक्त सरचार्ज जुड़ेगा। वहीं दिल्ली से पटना, दरभंगा या गुवाहाटी जैसे 1,000 किमी से अधिक दूरी वाले शहरों के लिए टिकट में ₹850 से ₹900 तक की सीधी बढ़ोतरी हो जाएगी। यदि कोई यात्री मुंबई, बेंगलुरु या चेन्नई से लखनऊ, अयोध्या या गोरखपुर आ रहा है, तो 1,500 किमी से अधिक दूरी होने के चलते उसे प्रति टिकट ₹1,150 से ₹1,200 का अधिकतम सरचार्ज देना होगा। ट्रेनों में कन्फर्म सीट न मिलने के कारण जो लोग फ्लाइट की ओर रुख कर रहे थे, उनके लिए अब परिवार सहित सफर करना काफी महंगा साबित होगा।
देशभर में चाय की टपरी से लेकर बड़े रिटेल मॉल तक हर जगह ऑनलाइन पेमेंट का सबसे बड़ा जरिया बन चुके यूनिफाइड पेमेंट्स इंटरफेस यानी UPI को लेकर एक बहुत बड़ा अपडेट सामने आया है। वस्तु एवं सेवा कर यानी जीएसटी काउंसिल की महत्वपूर्ण बैठक में यूपीआई मर्चेंट डिस्काउंट रेट (MDR) और पेमेंट सर्विसेज पर लगने वाले 18 प्रतिशत जीएसटी को घटाकर सीधे 5 प्रतिशत करने के अहम प्रस्ताव पर विचार-विमर्श शुरू हुआ है। इस खबर के सामने आते ही करोड़ों छोटे व्यापारियों, दुकानदारों और रोजमर्रा खरीदारी करने वाले आम ग्राहकों के मन में कई तरह के सवाल उठने लगे हैं। सबसे बड़ा भ्रम यह फैला है कि क्या अब गूगल पे, फोनपे या पेटीएम से किसी को भी पैसे भेजने पर टैक्स देना पड़ेगा? सरकार और वित्तीय विशेषज्ञों ने स्पष्ट कर दिया है कि यह टैक्स आम लोगों के बैंक ट्रांसफर पर नहीं, बल्कि पेमेंट गेटवे और बैंकों द्वारा मर्चेंट्स पर लगाए जाने वाले सर्विस चार्ज (MDR) पर घट सकता है। यदि काउंसिल इस प्रस्ताव पर अपनी अंतिम मुहर लगा देती है, तो देश के डिजिटल कॉमर्स और खासकर छोटे व्यापारियों के लिए यह एक क्रांतिकारी राहत साबित होगी।क्या है पूरा मामला और जीएसटी काउंसिल में किस बात पर हुई है बड़ी चर्चाजीएसटी काउंसिल की नई दिल्ली में आयोजित उच्चस्तरीय बैठक में राज्यों के वित्त मंत्रियों और नीति निर्धारकों ने डिजिटल पेमेंट्स इकोसिस्टम को अधिक टिकाऊ और वहनीय बनाने पर गंभीर मंथन किया है। दरअसल, यूपीआई के बढ़ते दायरे के साथ बैंकों, एनपीसीआई और पेमेंट एग्रीगेटर्स के बुनियादी ढांचे की लागत बढ़ रही है। इस व्यवस्था को वित्तीय रूप से मजबूत बनाने के लिए चुनिंदा बड़े मर्चेंट ट्रांजैक्शंस (विशेषकर 2,000 रुपये से अधिक के वाणिज्यिक भुगतान) पर प्रस्तावित मामूली मर्चेंट डिस्काउंट रेट (MDR) लागू करने की चर्चा चल रही थी। वर्तमान नियमों के तहत बैंकों या पेमेंट कंपनियों द्वारा ली जाने वाली किसी भी वित्तीय सेवा शुल्क पर सीधे 18 प्रतिशत की दर से जीएसटी लागू होता है। कई राज्यों और उद्योग संगठनों ने यह वाजिब चिंता जताई कि अगर इस प्रोसेसिंग फीस पर 18 फीसदी जैसा भारी टैक्स स्लैब बना रहा, तो छोटे कारोबारी डिजिटल लेन-देन छोड़कर फिर से नकदी की तरफ मुड़ सकते हैं। इसी जोखिम को समाप्त करने और मर्चेंट्स की लागत घटाने के लिए अब इस टैक्स को सबसे निचले 5 प्रतिशत के स्लैब में लाने का मसौदा तैयार किया गया है।आम जनता की जेब पर क्या होगा असर, क्या आपको भी देना पड़ेगा टैक्सइस पूरे मसौदे में आम जनता के लिए सबसे बड़ी और राहत भरी बात यह है कि पर्सन-टू-पर्सन (P2P) यानी आम लोगों द्वारा एक-दूसरे के बैंक खाते में भेजे जाने वाले पैसों पर न तो कोई चार्ज है और न ही कोई टैक्स। अगर आप अपने किसी मित्र, परिवार के सदस्य या रिश्तेदार को 500 रुपये, 2,000 रुपये या 50,000 रुपये यूपीआई से ट्रांसफर करते हैं, तो वह पहले की तरह ही पूरी तरह मुफ्त रहेगा। ठीक इसी प्रकार, यदि आप किसी मोहल्ले के किराना स्टोर, फल-सब्जी विक्रेता, दूध की डेयरी या दवा की दुकान पर जाकर सामान्य खरीदारी करते हैं, तो आपके बैंक खाते से केवल सामान की असली कीमत ही कटेगी। ग्राहक को किसी भी प्रकार का सरचार्ज या सर्विस टैक्स अपनी जेब से नहीं चुकाना होगा। यह राहत पूरी तरह व्यापारिक लेन-देन की बैक-एंड कॉस्ट से जुड़ी है, जिससे ग्राहक को किसी भी अतिरिक्त वित्तीय बोझ का सामना नहीं करना पड़ेगा।दुकानदारों और व्यापारियों को कितनी और कैसे मिलेगी असली राहतइस टैक्स कटौती का सबसे सीधा और बड़ा फायदा देश के छोटे रिटेलर्स, एमएसएमई और उन दुकानदारों को मिलेगा जो जीएसटी कंपोजिशन स्कीम के तहत पंजीकृत हैं या जिनका टर्नओवर सीमा से कम होने के कारण वे अनरजिस्टर्ड हैं। बड़े कॉर्पोरेट और जीएसटी में नियमित रजिस्टर्ड व्यापारी तो पेमेंट कंपनियों द्वारा वसूले गए 18% टैक्स पर इनपुट टैक्स क्रेडिट (ITC) क्लेम कर लेते हैं, लेकिन छोटे मोहल्ले के दुकानदार आईटीसी का दावा नहीं कर पाते। ऐसी स्थिति में 18% जीएसटी उनकी दुकानदारी का सीधा घाटा बन जाता है। इसे एक सरल गणित से समझें: यदि किसी मर्चेंट पर कुल महीने का प्रोसेसिंग शुल्क 1,000 रुपये बनता है, तो 18% की दर से उसे 180 रुपये टैक्स देना पड़ता था। लेकिन दर घटकर 5% होने पर यह टैक्स भार गिरकर मात्र 50 रुपये रह जाएगा। यानी व्यापारी की जेब से टैक्स के रूप में कटने वाला खर्च 70 प्रतिशत से अधिक कम हो जाएगा। इससे स्थानीय बाजारों में काम करने वाले छोटे दुकानदारों का मार्जिन सुरक्षित रहेगा और वे बिना किसी हिचकिचाहट के क्यूआर कोड से भुगतान स्वीकार करते रहेंगे।दिल्ली-एनसीआर से लेकर लखनऊ और ग्रामीण भारत तक डिजिटल इकोनॉमी को रफ्तारउत्तर प्रदेश, दिल्ली-एनसीआर, बिहार, राजस्थान और महाराष्ट्र समेत देश के सभी टियर-1, टियर-2 और ग्रामीण बाजारों में यूपीआई अब व्यापार की जीवनरेखा बन चुका है। लखनऊ के अमीनाबाद और हजरतगंज के थोक बाजारों से लेकर कानपुर, नोएडा, वाराणसी और पटना के रिटेल हब तक हर दिन करोड़ों छोटे-बड़े सौदे क्यूआर कोड स्कैन करके पूरे होते हैं। स्थानीय व्यापारिक संगठनों का कहना है कि सरकार यदि सर्विस चार्ज पर टैक्स की दर 5% पर सीमित रखती है, तो इससे नकदी पर निर्भरता खत्म करने के राष्ट्रीय मिशन को नई मजबूती मिलेगी। जब बैंक और फिनटेक कंपनियों पर टैक्स का बोझ कम होगा, तो वे साउंडबॉक्स, पीओएस मशीन और सुरक्षित पेमेंट गेटवे जैसी आधुनिक सुविधाएं दूर-दराज के ग्रामीण इलाकों में भी बेहद किफायती दरों पर उपलब्ध करा सकेंगी। विशेषज्ञों का मानना है कि राज्यों के साथ सहमति बनने के बाद जल्द ही जीएसटी परिषद इस ऐतिहासिक फैसले की औपचारिक अधिसूचना जारी कर सकती है, जो भारत के डिजिटल भविष्य को और अधिक समावेशी बनाएगी।
ट्रंप के झटके के बावजूद शेयर बाजार में उछाल, TCS-Infosys-HCL समेत सारे IT शेयर ग्रीन जोन में
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप प्रशासन के एक्शन के बावजूद भारतीय आईटी शेयरों में शुक्रवार को तेजी देखने को मिली. TCS, इन्फोसिस और HCLTech समेत प्रमुख आईटी कंपनियों के शेयर हरे निशान में कारोबार करते नजर आए. अमेरिकी सरकार ने आठ बड़ी टेक कंपनियों को ग्रीन कार्ड से जुड़े PERM कार्यक्रम से निलंबित किया है.
राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में आज शुक्रवार (9 अक्टूबर) और शनिवार (10 अक्टूबर) को शराब की सभी खुदरा दुकानें पूरी तरह बंद रहेंगी। दिल्ली सरकार के आबकारी विभाग (Excise Department) ने दिल्ली पुलिस के सुरक्षा इनपुट और संभावित कानून-व्यवस्था की स्थिति को ध्यान में रखते हुए यह आधिकारिक आदेश जारी किया है।दिल्ली में शराब की दुकानें बंद करने के पीछे क्या है मुख्य वजहआबकारी विभाग और दिल्ली पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों के अनुसार, दिल्ली में प्रस्तावित बड़े पैमाने पर विरोध प्रदर्शनों और राजधानी में शांति व्यवस्था बनाए रखने के मद्देनजर यह एहतियाती कदम उठाया गया है। कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) समेत कुछ संगठनों द्वारा मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) ज्ञानेश कुमार और चुनाव आयोग की 'स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन' (SIR) प्रक्रिया में कथित अनियमितताओं के विरोध में 10 अक्टूबर को जंतर-मंतर पर 'दिल्ली चलो' प्रदर्शन का आह्वान किया गया है। सुरक्षा एजेंसियों को मिले इनपुट के मुताबिक, इस प्रदर्शन में देश के कई राज्यों से बड़ी संख्या में युवाओं और प्रदर्शनकारियों के जुटने की संभावना जताई गई है। किसी भी प्रकार के हुड़दंग, उपद्रव या असामाजिक तत्वों द्वारा माहौल बिगाड़ने की आशंका को टालने के लिए प्रशासन ने पूरे शहर में दो दिनों तक शराब बिक्री पर पूर्ण पाबंदी लगाने का फैसला किया है।आबकारी विभाग के आदेश में किन दुकानों पर लागू होगा प्रतिबंधदिल्ली आबकारी आयुक्त द्वारा जारी आधिकारिक सर्कुलर के अनुसार, दिल्ली आबकारी नियम 2010 के तहत प्रदत्त शक्तियों का उपयोग करते हुए 9 अक्टूबर और 10 अक्टूबर को ड्राई डे घोषित किया गया है। आदेश के तहत:लाइसेंस श्रेणियां: दिल्ली में L6, L6FG, L8, L10 और L14 लाइसेंस धारक सभी खुदरा शराब की दुकानें (Retail Liquor Vends) अगले 48 घंटों के लिए पूरी तरह बंद रहेंगी।सरकारी व निजी आउटलेट्स: दिल्ली में संचालित सभी चारों सरकारी निगमों (DTTDC, DSIIDC, DCCWS, DSCSC) द्वारा संचालित व अन्य रिटेल ठेके बंद रहेंगे।नियम उल्लंघन पर कार्रवाई: विभाग ने स्पष्ट किया है कि यदि कोई भी वेंडर चोरी-छिपे या अवैध तरीके से शराब बेचते पकड़ा गया, तो उसका लाइसेंस तुरंत रद्द कर सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।राजधानी में सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम, 11 हजार अतिरिक्त जवान तैनातइस बड़े प्रदर्शन के आह्वान को देखते हुए दिल्ली पुलिस ने स्पष्ट किया है कि जंतर-मंतर पर किसी भी तरह के धरने या अनधिकृत सभा की अनुमति नहीं दी गई है। राजधानी में शांति बनाए रखने के लिए करीब 11 हजार अतिरिक्त केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बल (CAPF) के जवान तैनात किए जा रहे हैं, जिससे शहर में सुरक्षा बलों की कुल संख्या 25 हजार के पार पहुंच गई है। उत्तर प्रदेश और हरियाणा से लगने वाले सभी प्रमुख बॉर्डर पॉइंट्स—गाजीपुर, चिल्ला, टिकरी, सिंघु और बदरपुर पर वाहनों की सघन चेकिंग और बैरिकेडिंग की जा रही है।
वैश्विक अर्थव्यवस्था में भू-राजनीतिक तनाव, ब्याज दरों में उतार-चढ़ाव और पश्चिमी देशों के प्रॉपर्टी बाजारों में छाई सुस्ती के बीच भारतीय रियल एस्टेट बाजार ने दुनिया भर के बड़े फंड हाउसों और देशी निवेशकों को हैरान कर दिया है। जहां अमेरिका और यूरोपीय देशों में मंदी की आहट से निवेशक अपनी पूंजी बचाने में लगे हैं, वहीं भारत की अचल संपत्ति पर भरोसा इस कदर बढ़ा है कि चालू वर्ष 2026 के शुरुआती नौ महीनों (जनवरी से सितंबर) में ही संस्थागत निवेशकों ने रिकॉर्ड 5.9 अरब डॉलर (करीब 50 हजार करोड़ रुपये) झोंक दिए हैं। यह पूंजी प्रवाह पिछले साल की समान अवधि के मुकाबले 39 फीसदी की भारी छलांग दर्शाता है। रियल एस्टेट कंसल्टेंसी फर्म कोलियर्स की ताजा रिपोर्ट से यह साफ हो गया है कि दुनिया भर में जारी अनिश्चितता के दौर में भी भारत एक सुरक्षित, टिकाऊ और आकर्षक निवेश डेस्टिनेशन के रूप में उभरा है। इस पूरे निवेश चक्र में सबसे दिलचस्प और निर्णायक मोड़ यह रहा है कि इस बार विदेशी फंड्स के मुकाबले भारतीय घरेलू संस्थागत निवेशकों ने बाजार की कमान अपने हाथों में ले ली है, जिससे देश के प्रॉपर्टी सेक्टर को अभूतपूर्व तरलता और मजबूती मिली है।ग्लोबल संकट के बीच भारत के रियल एस्टेट पर इतना अटूट भरोसा क्योंवैश्विक स्तर पर जब भी वित्तीय उथल-पुथल मचती है, तो अंतरराष्ट्रीय निवेशक ऐसे बाजारों की तलाश करते हैं जहां घरेलू उपभोग मजबूत हो, नीतिगत स्थिरता हो और बुनियादी ढांचे पर बड़े पैमाने पर काम चल रहा हो। भारत की मजबूत जीडीपी ग्रोथ, केंद्र व राज्य सरकारों द्वारा इंफ्रास्ट्रक्चर पर रिकॉर्ड पूंजीगत खर्च और रेरा (RERA) जैसे कड़े नियामकीय सुधारों ने विदेशी और देशी दोनों तरह के निवेशकों को आश्वस्त किया है। इस 5.9 अरब डॉलर के कुल निवेश में घरेलू निवेशकों का दबदबा देखते ही बनता है, जिन्होंने अकेले 3.5 अरब डॉलर यानी कुल निवेश का लगभग 60 फीसदी हिस्सा सीधे बाजार में लगाया है। घरेलू संस्थागत पूंजी में सालाना आधार पर 59 फीसदी की ऐतिहासिक वृद्धि दर्ज की गई है, जो यह साबित करती है कि भारतीय फैमिली ऑफिस, घरेलू प्राइवेट इक्विटी फंड, पेंशन फंड और बैंक अब अपनी ही सरजमीं के विकास पर बड़ा दांव खेल रहे हैं। वहीं, वैश्विक चिंताओं के बावजूद विदेशी निवेशकों ने भी भारत से मुंह नहीं मोड़ा और उनका निवेश भी सालाना आधार पर 17 फीसदी बढ़कर 2.4 अरब डॉलर पर पहुंच गया। विदेशी फंड्स का मुख्य रुझान लॉन्ग-टर्म वैल्यू क्रिएशन वाली परियोजनाओं और विकासशील संपत्तियों की तरफ रहा, जो भारत के प्रति उनके अटूट भरोसे को दर्शाता है।दफ्तरों से लेकर लग्जरी होटलों तक: किस सेक्टर में हुआ सबसे ज्यादा निवेशनिवेशकों की प्राथमिकताओं का बारीकी से विश्लेषण करें तो देश का कमर्शियल ऑफिस स्पेस सेगमेंट अब भी सबसे पसंदीदा ठिकाना बना हुआ है। नौ महीनों के दौरान कुल निवेश का 37 फीसदी यानी लगभग 2.2 अरब डॉलर अकेले ऑफिस एसेट्स में गया है, जो पिछले साल के मुकाबले 46 फीसदी अधिक है। ऑफिस स्पेस में आए कुल निवेश में 90 फीसदी से अधिक योगदान घरेलू निवेशकों का रहा है। इसके पीछे की सबसे बड़ी वजह यह है कि भारत तेजी से दुनिया का ग्लोबल कैपेबिलिटी सेंटर (GCC) हब बन चुका है, जहां बहुराष्ट्रीय कंपनियां अपने तकनीकी व रणनीतिक ऑपरेशंस के लिए ग्रेड-ए ऑफिस स्पेस धड़ल्ले से लीज पर ले रही हैं। ऑफिस स्पेस के बाद मिक्स्ड-यूज प्रोजेक्ट्स (मिश्रित उपयोग परियोजनाएं) और अल्टरनेटिव एसेट्स (डेटा सेंटर, वेयरहाउसिंग और लॉजिस्टिक्स) ने निवेशकों को सबसे ज्यादा आकर्षित किया, जिनकी कुल हिस्सेदारी 16 से 17 फीसदी के बीच रही। इस साल का सबसे चौंकाने वाला ट्रेंड हॉस्पिटैलिटी (होटल एवं रिजॉर्ट) और अल्टरनेटिव रियल एस्टेट में देखने को मिला, जहां निवेश में पिछले साल के मुकाबले 6 से 7 गुना का भारी उछाल आया है। घरेलू पर्यटन में रिकॉर्ड तेजी, धार्मिक व बिजनेस यात्राओं में बढ़ोतरी और टेक क्रांति के चलते डेटा सेंटरों की बढ़ती मांग ने इन क्षेत्रों में पूंजी की बाढ़ ला दी है।दिल्ली-एनसीआर से लेकर लखनऊ और बेंगलुरु तक: किन शहरों में बूमअगर भौगोलिक और क्षेत्रीय दृष्टिकोण से देखें, तो भारत के टियर-1 और तेजी से उभरते टियर-2 शहर निवेश का मुख्य केंद्र बनकर उभरे हैं। देश की कुल संस्थागत पूंजी का लगभग एक-तिहाई हिस्सा तीन प्रमुख महानगरों—बेंगलुरु, चेन्नई और दिल्ली-एनसीआर ने अपनी झोली में डाला है। बेंगलुरु जहां अपने आईटी और टेक ऑफिस स्पेस के चलते विदेशी पूंजी का गढ़ बना हुआ है, वहीं दिल्ली-एनसीआर के गुरुग्राम, नोएडा और फरीदाबाद एक्सप्रेसवे कॉरिडोर पर कमर्शियल व प्रीमियम रेजिडेंशियल प्रोजेक्ट्स में जमकर डील्स हुई हैं। इसके साथ ही, उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ, महाराष्ट्र का पुणे और गुजरात का अहमदाबाद जैसे उभरते हुए शहर भी अब संस्थागत निवेशकों के रडार पर आ चुके हैं। लखनऊ के सुल्तानपुर रोड, शहीद पथ, गोमती नगर विस्तार और अयोध्या हाइवे कॉरिडोर पर कनेक्टिविटी सुधरने और आउटर रिंग रोड के विस्तार से लॉजिस्टिक्स और बड़े इंटीग्रेटेड टाउनशिप प्रोजेक्ट्स में निजी इक्विटी निवेश की रफ्तार तेज हुई है। निवेशकों का मानना है कि बड़े महानगरों में जमीन की कीमतें सैचुरेशन पर पहुंचने के बाद अब हाई-ग्रोथ वाले सेमी-मेट्रो शहर अगले 5 से 10 वर्षों में सबसे बेहतर रिटर्न देंगे।आगे कैसा रहेगा बाजार का मिजाज और आम खरीदार पर क्या होगा असरआने वाले महीनों और साल 2027 की शुरुआत को लेकर उद्योग जगत का मिजाज बेहद आशावादी और आक्रामक नजर आ रहा है। तीसरी तिमाही में घरेलू निवेशकों ने 0.9 अरब डॉलर का निवेश करके यह संकेत दे दिया है कि बाजार में लिक्विडिटी की कोई कमी नहीं है। विशेषज्ञों का अनुमान है कि त्योहारी सीजन की मजबूत शुरुआत और आगामी तिमाहियों में बड़े विदेशी पेंशन फंड्स की नई पाइपलाइन के चलते साल के अंत तक कुल रियल एस्टेट निवेश 8 से 9 अरब डॉलर के ऐतिहासिक स्तर को छू सकता है। आम होमबायर्स और छोटे निवेशकों के लिए यह स्थिति दोतरफा संकेत देती है। एक तरफ जहां बड़े फंड्स के आने से अटके हुए प्रोजेक्ट्स पूरे होंगे, ग्रेड-ए डेवलपर्स की वित्तीय स्थिति सुधरेगी और निर्माण की गुणवत्ता अंतरराष्ट्रीय स्तर की होगी, वहीं दूसरी तरफ प्राइम लोकेशंस पर जमीन और तैयार मकानों के दाम में 10 से 15 फीसदी तक की सालाना बढ़ोतरी तय मानी जा रही है। मजबूत संस्थागत निवेश का यह प्रवाह साफ कर रहा है कि भारत का रियल एस्टेट बाजार अब सिर्फ सट्टेबाजी या अनऑर्गनाइज्ड सौदों का अखाड़ा नहीं रहा, बल्कि यह एक पारदर्शी, मैच्योर और ग्लोबल एसेट क्लास बनकर दुनिया का नेतृत्व करने के लिए पूरी तरह तैयार है।
डिजिटल निष्कासन: संघ निष्ठा और सारणेश्वर संकल्प पर भी मदांध भाजपा को अविश्वास
सबगुरु न्यूज-सिरोही। सिरोही नगर परिषद में भाजपा की जबरदस्त हार के बाद हड़कंप मचा हुआ है। बुधवार रात को भाजपा नगर मंडल के व्हाट्स एप समूह से मंडल पदाधिकारी के द्वारा चार भाजपा पार्षदों को बाहर कर देने और इनके प्रति कथित अनर्गल बयानबाजी नाराज होकर भाजपा के पार्षद प्रवीण राठौड़ ने भाजपा के सभी […] The post डिजिटल निष्कासन: संघ निष्ठा और सारणेश्वर संकल्प पर भी मदांध भाजपा को अविश्वास appeared first on Sabguru News .
जहां सांस लेना मुश्किल, वहां देश की रखवाली करते हैं सेना के ये कुत्ते
लद्दाख की बर्फीली पहाड़ियों और कम ऑक्सीजन वाले वातावरण में सेना के कुत्ते कैसे ड्यूटी करते हैं? जानिए इनकी खास ट्रेनिंग, खानपान और देखभाल के बारे में.
Starlink लाइसेंस विवाद में कूदे राहुल गांधी; एलन मस्क ने तुरंत दे दिया जवाब
भारत में स्टारलिंक की एंट्री को लेकर चल रही बहस अब राजनीतिक मोड़ ले चुकी है. एलन मस्क ने लाइसेंस में देरी पर सवाल उठाए तो राहुल गांधी ने भी इस मुद्दे पर टिप्पणी की.
सूर्यास्त के बाद क्यों हुआ नाना पाटेकर का अंतिम संस्कार, बेटे मल्हार पाटेकर ने बताई वजह
दिवंगत एक्टर नाना पाटेकर का निधन 8 अक्टूबर की सुबह हुआ था. जबकि गॉर्ड ऑफ ऑनर के साथ उनका राजकीय सम्मान के साथ अंतिम संस्कार किया गया. वहीं रात 11 बजकर 28 मिनट पर मुखाग्नि दी गई.
फैक्ट्रियों से निकलने वाला धुआं और धूल-कण हमारे लंग्स और हार्ट को नुकसान पहुंचा सकते हैं. आइए जानते हैं इस बारे में-
सुप्रीम कोर्ट सख्त: कहा- दिल्ली पुलिस शैक्षणिक संस्थाओं के पास निगरानी बढ़ाए, दुष्कर्म रोकने को गश्त बढ़ाएं
'इंसानियत मर गई', नाना के निधन पर AICWA ने तनुश्री को लगाई फटकार
ऑल इंडियन सिने वर्कर्स एसोसिएशन (AICWA) ने नाना पाटेकर के निधन पर तनुश्री दत्ता के सोशल मीडिया पर दिए गए 'इविल डेड' बयान की कड़ी निंदा की है.
भाजपा शासित राज्य में ED की छापेमारी, सब-इंस्पेक्टर पेपर लीक कांड में कार्रवाई
ओडिशा में सब-इंस्पेक्टर की परीक्षा का पेपर लीक कांड में प्रवर्तन निदेशालय (ED) छापेमारी कर रही है। ईडी इस मामले में आरोपियों के घरों को खंगाल रही है।
सेल डिस्काउंट असली या नकली? शॉपिंग से पहले ऐसे करें चेक
Amazon और Flipkart पर सेल की शुरुआत हो चुकी है. सेल के दौरान स्मार्टफोन से लेकर होम अप्लायंस तक पर बंपर ऑफर का दावा किया है. आज आपको बताने जा रहे हैं कि सेल में रहे फोन, AC, TV और फ्रिज आदि की पुरानी कीमत क्या थी और सेल के दौरान लाइव कीमत में कितना अंतर है.
अमेरिका में ट्रंप सरकार ने Microsoft, Adobe, Infosys, Wipro, TCS, HCL, Cognizant और Capgemini को PERM प्रोग्राम से निलंबित कर दिया है. माइक्रोसॉफ्ट ने जवाब में कहा कि उसके अधिकांश कर्मचारी अमेरिकी हैं और H-1B आवेदन मुख्य रूप से मौजूदा कर्मचारियों के लिए किए गए थे.
भगवान संग माता-पिता की तस्वीर, सिद्धू के शिव मंदिर की PHOTOS
नवजोत सिंह सिद्धू ने अपनी पोती के गृह प्रवेश पर अपने आलीशान घर को दुल्हन की तरह सजाया है, उन्होंने अपने घर के शिव मंदिर में पूजा की, जिसकी वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रही है. उनके मंदिर में शिवलिंग चांदी का है और उन्होंने अपने माता-पिता की तस्वीर भी वहां रखी हुई है.
पेशावर पहुंचा इमरान की पार्टी का लॉन्ग मार्च, इस्लामाबाद से पहले रोकने की तैयारी
पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान की रिहाई को लेकर सियासी टकराव तेज हो गया है. उनकी पार्टी PTI का मार्च पांचवें दिन पेशावर पहुंच गया. मुख्यमंत्री सोहेल अफरीदी के साथ बड़ी संख्या में समर्थक सड़कों पर हैं.
सर्टिफाइड योग गुरु शुभम तोमर ने 3 आसान एक्सरसाइज बताई हैं. योग गुरु कहते हैं कि रोज इन 3 एक्सरसाइज को करने से आपको 2 हफ्ते में कमाल के नतीजे देखने को मिल सकते हैं-
310 किमी का रेंज और बहुत कुछ, Suzuki की सबसे सस्ती इलेक्ट्रिक कार, जानें कीमत और फीचर्स
Suzuki ने जापान में अपनी पहली इलेक्ट्रिक केई कार 'e SKY' को लगभग 13 लाख की शुरुआती कीमत में लॉन्च की है. आइए आपको इसके फीचर्स और भारतीय लॉन्च के बारे में बताते हैं.
West Bengal के Nandigram और Rejinagar उपचुनाव के लिए मतों की गिनती शुरू
कोलकाता, नौ अक्टूबर पश्चिम बंगाल में नंदीग्राम और रेजीनगर विधानसभा सीट पर छह अक्टूबर को हुए उपचुनाव के लिए शुक्रवार सुबह आठ बजे मतों की गिनती शुरू हो गई। दोनों निर्वाचन क्षेत्रों में निर्धारित केंद्रों पर कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच मतगणना शुरू हुई। अधिकारियों ने सबसे पहले डाक मतपत्रों और इलेक्ट्रॉनिक रूप से प्रेषित डाक मतपत्र (ईटीपीबी) की गिनती शुरू की, जिसके बाद ईवीएम में दर्ज मतों की गिनती की जाएगी। दोनों सीट पर मतगणना दो हॉल में हो रही है और यह प्रक्रिया 15 दौर में पूरी होनी है। डाक मतपत्रों और ईटीपीबी के लिए अलग-अलग हॉल निर्धारित किए गए हैं। दोनों निर्वाचन क्षेत्रों में मंगलवार यानी छह अक्टूबर को लगभग 80 प्रतिशत भारी मतदान दर्ज किया गया था, जिसमें नंदीग्राम में 80.89 प्रतिशत और रेजीनगर में 80.08 प्रतिशत मतदान हुआ। नंदीग्राम में मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने 2021 में तृणमूल प्रमुख ममता बनर्जी को हराया था और 2026 के विधानसभा चुनाव में फिर से इस सीट पर जीत हासिल की थी। इसके बाद उन्होंने भवानीपुर सीट बरकरार रखी, जिसके कारण नंदीग्राम में उपचुनाव की जरूरत पड़ी। भाजपा ने नंदीग्राम में चंद्रनाथ रथ की मां हासिरानी रथ को उम्मीदवार बनाया है। चंद्रनाथ, मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी के करीबी सहयोगी थे। विधानसभा चुनाव में भाजपा की जीत के दो दिन बाद छह मई को चंद्रनाथ की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। वहीं, मुर्शिदाबाद की रेजीनगर सीट उस समय खाली हुई जब 2026 के विधानसभा चुनाव में रेजीनगर और नवादा दोनों सीटों से जीतने वाले हुमायूं कबीर ने नवादा सीट बरकरार रखी। उनकी पार्टी आम जनता उन्नयन पार्टी (एजेयूपी) ने हुमायूं कबीर के बेटे गुलाम नबी आजाद को उम्मीदवार बनाया है।
न्यूज डायरी: 'शादी का वादा कर यौन शोषण' आरोप महिला पर नहीं लगा सकते; एअर इंडिया में विदेश यात्रा की खास योजना
सीमाओं से परे, संभावनाओं से भरे: मोदी जी के सार्वजनिक जीवन के 25 वर्ष
ये पब्लिक डोमेन में है कि उन्होंने जन्म से लेकर बाल्यावस्था तक बहुत सी कठिनाइयों को झेला। लेकिन उनकी नेतृत्व क्षमता, जिजीविशा इस बात का जीता जागता सबूत है कि जीवन के आंधी-तूफ़ानों ने उनको जितना धकेला, जनसेवा का उनका लक्ष्य उतना ही मजबूत हुआ।
By-Poll Election Results 2026 LIVE Vote Counting, Winners List Updates: पांच विधानसभा और एक लोकसभा सीट पर 6 अक्टूबर को हुए उपचुनाव के नतीजे आज आएंगे. रिजल्ट के पल-पल के अपडेट जानें इस ब्लॉग पर.
Tamil Nadu और Puducherry की 3 विधानसभा सीटों पर By-Election की मतगणना शुरू
चेन्नई, नौ अक्टूबर तमिलनाडु के दो विधानसभा क्षेत्रों और पड़ोसी केंद्र शासित प्रदेश पुडुचेरी की एक सीट पर छह अक्टूबर को हुए उपचुनावों की मतगणना शुक्रवार सुबह आठ बजे कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच निर्धारित केंद्रों पर शुरू हुई। अधिकारियों ने बताया कि सबसे पहले डाक मतपत्रों की गिनती शुरू की गई और इसके बाद ईवीएम में दर्ज मतों की गणना की जाएगी। इन उपचुनावों को तमिलनाडु में सत्तारूढ़ तमिलगा वेत्री कषगम (टीवीके) और पुडुचेरी में एआईएनआरसी के नेतृत्व वाली सरकारों की परीक्षा के तौर पर देखा जा रहा है। विपक्षी दलों के लिए ये चुनाव उनकी राजनीतिक स्थिति की परीक्षा माने जा रहे हैं। तमिलनाडु में मदुरांतकम और धारापुरम विधानसभा सीट पर उपचुनाव हुए थे। दोनों सीट अनुसूचित जाति के लिए सुरक्षित हैं। पुडुचेरी में थट्टानचावाडी सीट पर मतदान हुआ था। इन विधानसभा क्षेत्रों के मौजूदा विधायकों के इस्तीफे के कारण उपचुनाव कराने पड़े। इस्तीफा देने वालों में पुडुचेरी के मुख्यमंत्री एन. रंगासामी भी शामिल हैं।
7–8 घंटे सोने के बाद भी थकान और चिड़चिड़ापन क्यों? जानें क्या हो सकती है वजह
7-8 घंटे सोने के बाद भी थकान, नींद और चिड़चिड़ापन क्यों रहता है? जानिए स्लीप एपनिया, तनाव, स्क्रीन टाइम और अन्य कारणों के बारे में न्यूरोलॉजिस्ट डॉ. प्रवीण गुप्ता से.
80 KM आगे पहुंच गई गाड़ी... तब याद आया- बेटा तो ढाबे पर ही छूट गया
यूपी से एक परिवार हिमाचल प्रदेश के शक्तिपीठों के दर्शन करने गया था. यह परिवार ऊना जिले के अंब इलाके में चाय-नाश्ते के लिए रुका. फिर 8 साल के बेटे को ढाबे पर ही भूलकर करीब 80 किलोमीटर आगे निकल गया. बच्चे को अकेले रोता देख स्थानीय लोगों ने पुलिस को सूचना दी. फिर पुलिस की कोशिशों के बाद बच्चे को सुरक्षित उसके माता-पिता तक पहुंचाया गया.
सर्दियां शुरू होते ही दिल्ली में प्रदूषण का स्तर बढ़ने लगता है। वहीं चीन का अनुभव बताता है कि प्रदूषण से निपटने के लिए तात्कालिक उपायों के बजाय लंबे समय की रणनीति जरूरी है।
राजधानी में छात्रों के पेइंग गेस्ट परिसरों पर प्रशासन का शिकंजा, अनिवार्य होगी ऑनलाइन मैपिंग
देश भर से प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी और उच्च शिक्षा के लिए दिल्ली आने वाले लाखों छात्र-छात्राओं की सुरक्षा और रहने की बुनियादी सुविधाओं को लेकर दिल्ली सरकार, दिल्ली पुलिस और दिल्ली नगर निगम (MCD) ने संयुक्त रूप से बड़ा कदम उठाया है। मुखर्जी नगर, ओल्ड राजेंद्र नगर, करोल बाग, सत्य निकेतन, कालू सराय और लक्ष्मी नगर जैसे प्रमुख कोचिंग हब्स और विश्वविद्यालय क्षेत्रों में संचालित हो रहे सभी निजी पेइंग गेस्ट (PG) और हॉस्टलों की अब अनिवार्य 'ऑनलाइन मैपिंग' (Digital Mapping) कराई जाएगी। इस पहल के तहत एक एकीकृत वेब पोर्टल और डैशबोर्ड तैयार किया जा रहा है, जहां दिल्ली के प्रत्येक पंजीकृत पीजी का पूरा ब्योरा—जैसे कमरे का आकार, रहने वाले छात्रों की क्षमता, किराया, बिल्डिंग प्लान और सुरक्षा प्रमाण पत्र—सार्वजनिक रूप से दर्ज होगा। इस कदम का मुख्य उद्देश्य अवैध रूप से चल रहे असुरक्षित पीजी, मनमाना किराया वसूलने वाले संचालकों और सुरक्षा मानकों की अनदेखी पर लगाम लगाना है।3 दिनों में 100 से ज्यादा पीजी परिसरों का औचक निरीक्षण, कई जगह मिलीं गंभीर खामियांयोजना को धरातल पर उतारने से पहले प्रशासन द्वारा गठित संयुक्त टास्क फोर्स ने पिछले 72 घंटों (3 दिनों) के भीतर दिल्ली के विभिन्न हिस्सों में 100 से अधिक पीजी और हॉस्टलों का औचक निरीक्षण (Surprise Inspection) किया है। इस विशेष जांच दल में एमसीडी के भवन विभाग, दिल्ली अग्निशमन सेवा (DFS), जिला प्रशासन और स्थानीय पुलिस के अधिकारी शामिल रहे। निरीक्षण के दौरान कई चौंकाने वाली और गंभीर खामियां उजागर हुई हैं:कई बहुमंजिला इमारतों में बिना उचित वेंटिलेशन और आपातकालीन निकास (Fire Exit) के एक ही छोटे कमरे में 3 से 4 छात्रों को ठहराया गया था।बेसमेंट और छतों पर बिना अनुमति के अस्थायी निर्माण कर अवैध हॉस्टल और लाइब्रेरी का संचालन पाया गया।60% से अधिक निरीक्षण किए गए परिसरों के पास वैध फायर एनओसी (Fire Safety NOC) या दिल्ली अग्निशमन विभाग का अनापत्ति प्रमाण पत्र उपलब्ध नहीं था।मानकों का खुला उल्लंघन करने वाले 20 से अधिक अवैध पीजी को तत्काल सीलिंग नोटिस जारी किए गए हैं और अन्य संचालकों को सुधार के लिए 7 दिनों का अल्टीमेटम दिया गया है।सीसीटीवी कैमरों को लेकर बड़ा प्रस्ताव: लोकल पुलिस और कंट्रोल रूम से जुड़ेंगे लाइव फीडछात्रों, विशेष रूप से छात्राओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए निरीक्षण रिपोर्ट के आधार पर एक नया प्रस्ताव उपराज्यपाल और गृह विभाग के समक्ष रखा गया है। इस मसौदे के तहत:अनिवार्य सीसीटीवी कवरेज: प्रत्येक पीजी परिसर के मुख्य प्रवेश द्वार, रिसेप्शन, कॉमन एरिया, सीढ़ियों और बाहरी सड़क पर हाई-डेफिनिशन (HD) नाइट विजन सीसीटीवी कैमरे लगाना अनिवार्य होगा।कम से कम 30 दिनों का बैकअप: सभी संचालकों को कम से कम 30 दिनों की वीडियो रिकॉर्डिंग का सुरक्षित डेटा रखना अनिवार्य किया जाएगा।पुलिस मॉनिटरिंग से जुड़ाव: प्रस्ताव में यह भी सिफारिश की गई है कि पीजी परिसरों के बाहरी कैमरों का लाइव फीड स्थानीय पुलिस थानों के सर्विलांस नेटवर्क या सेफ सिटी कमांड सेंटर से जोड़ा जाए, ताकि रात के समय संदिग्ध गतिविधियों पर सीधी नजर रखी जा सके और किसी भी अप्रिय घटना को समय रहते रोका जा सके।बिना पुलिस वेरिफिकेशन के नहीं रह सकेंगे कर्मचारी, बनेगा 'छात्र सुरक्षा कोड'प्रशासन ने पीजी में कार्यरत सभी सहायक कर्मचारियों—जैसे वार्डन, रसोइये (Cooks), सफाईकर्मी और सुरक्षा गार्डों—का स्थानीय थाने से 100% पुलिस वेरिफिकेशन अनिवार्य करने का निर्देश दिया है। नए सुरक्षा नियमों के तहत पीजी संचालकों को हर महीने रहने वाले सभी छात्रों का अद्यतन रजिस्टर स्थानीय थाने में जमा कराना होगा। इसके अतिरिक्त, छात्रों के उत्पीड़न, अचानक सुरक्षा राशि (Security Deposit) जब्त करने और अनुचित किराया वृद्धि जैसी शिकायतों के त्वरित निस्तारण के लिए एक समर्पित 'हेल्पलाइन नंबर' और 'ऑनलाइन शिकायत निवारण तंत्र' (Grievance Portal) भी इस मैपिंग प्लेटफॉर्म के साथ जोड़ा जा रहा है।कोचिंग हब्स में अवैध निर्माण पर आगे भी जारी रहेगा बुलडोजर और सीलिंग एक्शनएमसीडी और दिल्ली आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (DDMA) के अधिकारियों ने साफ किया है कि यह केवल सांकेतिक कार्रवाई नहीं है, बल्कि नियमित रूप से चलने वाला अभियान है। आने वाले हफ्तों में नॉर्थ और साउथ कैंपस के आसपास के अन्य आवासीय इलाकों में भी सघन जांच अभियान चलाया जाएगा। प्रशासन ने स्पष्ट शब्दों में चेतावनी दी है कि जो भी मकान मालिक या संचालक आवासीय संपत्तियों में व्यावसायिक नियमों और सुरक्षा मानकों का उल्लंघन कर छात्रों की जान जोखिम में डालते पाए जाएंगे, उनके परिसरों को तत्काल प्रभाव से सील किया जाएगा और मालिकों के खिलाफ गैर-जमानती धाराओं में प्राथमिकी (FIR) दर्ज की जाएगी।
नेहा बोरा से झड़प के बाद कांस्टेबल नीतू ने सुनाई आपबीती
दिल्ली में मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ प्रदर्शन के दौरान नेहा बोरा के साथ वायरल हुई महिला कांस्टेबल नीतू की तस्वीर पर उन्होंने अपनी आपबीती सुनाई। नीतू का आरोप है कि नेहा बोरा ने उनका कॉलर पकड़ा और वर्दी फाड़ दी, जिससे उन्हें चोटें आईं।
भारतीय डाक विभाग (India Post) द्वारा ग्रामीण डाक सेवक (GDS), ब्रांच पोस्टमास्टर (BPM) और असिस्टेंट ब्रांच पोस्टमास्टर (ABPM) के पदों पर भर्ती के लिए पहली चयन सूची (1st Merit List) जल्द ही आधिकारिक पोर्टल पर जारी की जाएगी। जिन अभ्यर्थियों ने देश भर के विभिन्न डाक मंडलों (Postal Circles) के लिए ऑनलाइन आवेदन किया था, वे डाक विभाग के आधिकारिक पोर्टल indiapostgdsonline.gov.in पर जाकर राज्यवार मेरिट लिस्ट और कटऑफ पीडीएफ डाउनलोड कर सकेंगे। डाक विभाग द्वारा आवेदन पत्रों की स्क्रूटनी का कार्य अंतिम चरण में है, जिसके बाद सर्कल-वार चयनित उम्मीदवारों के नामों और रोल नंबर की सूची सार्वजनिक की जाएगी।बिना लिखित परीक्षा के 10वीं के अंकों पर तैयार होती है मेरिटग्रामीण डाक सेवक भर्ती की सबसे खास बात यह है कि इसमें किसी भी प्रकार की लिखित परीक्षा या साक्षात्कार (Interview) आयोजित नहीं किया जाता। उम्मीदवारों का चयन पूरी तरह से 10वीं कक्षा (मैट्रिकुलेशन) में प्राप्त अंकों के प्रतिशत के आधार पर स्वतः तैयार सिस्टम जनरेटेड मेरिट सूची से होता है।समान अंक (Tie-Breaking Rule): यदि दो या अधिक उम्मीदवारों के 10वीं में समान अंक या सीजीपीए (CGPA) होते हैं, तो जन्मतिथि के आधार पर अधिक उम्र वाले उम्मीदवार को वरीयता दी जाती है। इसके बाद भी स्थिति समान रहने पर महिला उम्मीदवारों और आरक्षित वर्ग को प्राथमिकता मिलती है।संभावित कटऑफ: ग्रामीण डाक सेवक पदों के लिए प्रतिस्पर्धा अत्यधिक रहती है। सामान्य (General) और ओबीसी (OBC) श्रेणी के अभ्यर्थियों के लिए कई सर्किलों में कटऑफ 90% से 98% के बीच रहने का अनुमान है, जबकि आरक्षित वर्गों (SC/ST/EWS/PwD) के लिए कटऑफ 80% से 90% के दायरे में दर्ज की जा सकती है।पहली मेरिट लिस्ट में चयनित अभ्यर्थियों के लिए अनिवार्य होगा डॉक्यूमेंट वेरिफिकेशन (DV)पहली मेरिट लिस्ट जारी होने के तुरंत बाद चयनित उम्मीदवारों को दस्तावेज़ सत्यापन (Document Verification) की प्रक्रिया से गुजरना होगा। विभाग चयनित उम्मीदवारों को उनके पंजीकृत मोबाइल नंबर और ईमेल आईडी पर एसएमएस के माध्यम से भी सूचना भेजेगा।उम्मीदवारों को निर्धारित समय सीमा (आमतौर पर 10 से 15 दिन) के भीतर अपने संबंधित डिविजनल हेड/हेड पोस्ट ऑफिस में मूल प्रमाण पत्रों के साथ उपस्थित होना अनिवार्य होगा।यदि कोई उम्मीदवार पहली सूची के तय समय के भीतर सत्यापन कराने में विफल रहता है, तो उसकी उम्मीदवारी निरस्त कर दी जाएगी और रिक्त पदों के लिए दूसरी मेरिट लिस्ट (2nd Merit List) जारी की जाएगी।सत्यापन के लिए जरूरी प्रमुख दस्तावेजसत्यापन के समय अभ्यर्थियों को निम्नलिखित दस्तावेजों की मूल प्रतियां और स्व-प्रमाणित (Self-attested) फोटोकॉपी के दो सेट ले जाने होंगे:10वीं कक्षा (मैट्रिक) की मूल मार्कशीट और पासिंग सर्टिफिकेट।जन्मतिथि का वैध प्रमाण पत्र (यदि 10वीं की मार्कशीट में दर्ज न हो)।सक्षम प्राधिकारी द्वारा जारी जाति/श्रेणी प्रमाण पत्र (OBC/SC/ST/EWS)।दिव्यांग प्रमाण पत्र (यदि लागू हो)।फोटो पहचान पत्र (जैसे वोटर आईडी, ड्राइविंग लाइसेंस, पैन कार्ड आदि)।कंप्यूटर ज्ञान प्रमाण पत्र (न्यूनतम 60 दिनों का बेसिक कंप्यूटर ट्रेनिंग सर्टिफिकेट, हालांकि यदि 10वीं या 12वीं में कंप्यूटर एक विषय के रूप में पढ़ा गया हो तो छूट मान्य)।हाल ही में खींची गई पासपोर्ट साइज रंगीन तस्वीरें।indiapostgdsonline.gov.in पर ऐसे चेक करें पहली मेरिट लिस्ट: स्टेप-बाय-स्टेप गाइडमेरिट लिस्ट जारी होते ही उम्मीदवार नीचे दिए गए चरणों का पालन करके अपना नाम और चयन स्थिति देख सकते हैं:सबसे पहले भारतीय डाक विभाग के आधिकारिक पोर्टल indiapostgdsonline.gov.in पर जाएं।होमपेज के बाईं ओर उपलब्ध 'Candidate's Corner' या 'GDS Special Drive / Shortlisted Candidates' वाले सेक्शन को देखें।वहां अपने राज्य/सर्कल (जैसे Uttar Pradesh, Bihar, Rajasthan, Madhya Pradesh आदि) के नाम पर क्लिक करें।इसके बाद 'List of Shortlisted Candidates' (1st Merit List) के लिंक का चयन करें।स्क्रीन पर संबंधित राज्य की पीडीएफ (PDF) फाइल खुल जाएगी।फाइल में अपना रजिस्ट्रेशन नंबर (Registration Number) या नाम सर्च करने के लिए Ctrl + F (कंप्यूटर पर) या सर्च बार (मोबाइल पर) का उपयोग करें।भविष्य के संदर्भ और डॉक्यूमेंट वेरिफिकेशन के लिए इस पीडीएफ फाइल को डाउनलोड कर प्रिंटआउट सुरक्षित रख लें।
महिलाओं का मेकअप तालिबान को नहीं आया पसंद, 52 अफगान महिलाएं गिरफ्तार
जुलाई से सितंबर के बीच काबुल और हेरात में ड्रेस कोड के कथित उल्लंघन के आरोप में 52 अफगान महिलाओं को गिरफ्तार किया गया है. संयुक्त राष्ट्र मिशन UNAMA अफगान महिलाओं की गिरफ्तारी, धमकियों और उनके साथ दुर्व्यवहार की घटनाओं पर चिंता जताई है.
भारत संग सीरीज से पहले न्यूजीलैंड को डबल झटके, ये 2 सूरमा टीम से बाहर
भारत संग इसी महीने शुरू होने वाली टी20 सीरीज के लिए न्यूजीलैंड टीम को झटका लगा है, टीम के दो खिलाड़ी बाहर हो गए हैं. उनकी जगह दूसरे खिलाड़ी टीम में आए हैं. यह सीरीज 22 अक्टूबर से क्राइस्टचर्च में शुरू होगी.
शक के आधार पर मुस्लिमों को नहीं भेज सकते बांग्लादेश; शुभेंदु की सरकार पर भड़के जज
जज ने सरकार के वकील से पूछा कि उस व्यक्ति को दो महीने तक हिरासत में क्यों रखा गया? अधिकारियों ने उसकी नागरिकता तय करने के लिए स्पष्ट और योग्य प्रक्रिया का पालन क्यों नहीं किया?
क्या अप्राकृतिक थी नाना पाटेकर की मौत? गोवा पुलिस ने दर्ज किया UD का मामला
नाना पाटेकर का गुरुवार रात पुणे के डोंजे स्थित उनके फार्महाउस में पूरे राजकीय सम्मान के साथ अंतिम संस्कार किया गया। नाना पाटेकर ने अपने अभिनय और बेबाक अंदाज से लोगों के दिलों में खास जगह बनाई थी। इस बीच पुलिस ने पणजी में अप्राकृतिक मौत का मामला दर्ज ...
Assam की नगांव Lok Sabha सीट पर उपचुनाव की मतगणना शुरू, सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम
गुवाहाटी, नौ अक्टूबर असम की नगांव लोकसभा सीट पर हुए उपचुनाव के लिए शुक्रवार सुबह आठ बजे कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच मतों की गिनती शुरू हो गई। अधिकारियों ने यह जानकारी दी। मतगणना की प्रक्रिया सबसे पहले डाक मतपत्रों की गिनती के साथ शुरू हुई, जिसके बाद इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन (ईवीएम) में दर्ज मतों की गिनती की जाएगी। मतगणना दो केंद्रों डॉसन उच्चतर माध्यमिक स्कूल और राजकीय बाल विद्यालय में की जा रही है, जहां प्रत्येक केंद्र पर 14-14 मेज लगाई गई हैं। दोनों केंद्रों पर सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं, और सभी उम्मीदवारों तथा राजनीतिक दलों को किसी भी प्रकार का जुलूस निकालने से पहले जिला प्रशासन से अनुमति लेने के निर्देश दिए गए हैं। इस उपचुनाव में मुख्य मुकाबला भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) उम्मीदवार एवं भारतीय प्रशासनिक सेवा (आईएएस) के पूर्व अधिकारी देवाशीष शर्मा, कांग्रेस प्रत्याशी एवं पूर्व विधायक शिवमोनी बोरा तथा ऑल इंडिया यूनाइटेड डेमोक्रेटिक फ्रंट (एआईयूडीएफ) के प्रमुख बदरुद्दीन अजमल के बीच है। यह सीट कांग्रेस सांसद प्रद्युत बोरदोलोई के इस्तीफे के कारण रिक्त हुई है। बोरदोलोई ने इस वर्ष के अंत में इस्तीफा देकर भाजपा के टिकट पर दिसपुर से विधानसभा चुनाव लड़ा और जीत हासिल की थी।
38 साल बाद रेप केस में शख्स बरी, HC ने कहा- नहीं साबित हुए आरोप
करीब चार दशक पुराने मामले में इलाहाबाद हाई कोर्ट ने बड़ा फैसला सुनाया है. मेरठ की अदालत ने जिस सुभाष को रेप और अपहरण के मामले में सजा सुनाई थी, उसे अब हाई कोर्ट ने बरी कर दिया है. कोर्ट ने कहा कि आरोप साबित करने के लिए पर्याप्त सबूत नहीं मिले.
हिंदी सिनेमा का रेखा का 54 साल पुराना रोमांटिक सॉन्ग जिस पर टीवी का 1625 एपिसोड का सीरियल बना था, जिसे खुद रेखा ने प्रमोट किया था.वहीं पति पत्नी और वो की कहानी दिखाई गई थी.
स्टारलिंक विवाद पर एलन मस्क का सवाल- क्या अंबानी भारत के असली बॉस हैं?
एलन मस्क की सैटेलाइट इंटरनेट कंपनी Starlink को अभी भारत में लाइसेंस नहीं मिला है. एलन मस्क ने पहले आरोप लगाया है कि अपना एकाधिकार बनाए रखने के लिए कुछ ताकतवर लोग भारत में स्टारलिंक की सर्विस को रोक रहे हैं. भारत सरकार ने इसका जवाब दिया है.
15 अक्टूबर को ग्लोबल गेमिंग मार्केट में एंट्री करेगा Red Magic 12 Pro+
गेमिंग स्मार्टफोन्स की दुनिया में अपनी खास पहचान रखने वाले ब्रांड Red Magic ने अपने बहुप्रतीक्षित फ्लैगशिप डिवाइस Red Magic 12 Pro+ के आधिकारिक लॉन्च की पुष्टि कर दी है। कंपनी यह फोन 15 अक्टूबर 2026 को दोपहर 2:30 बजे (स्थानीय समय) आधिकारिक तौर पर पेश करेगी। लॉन्च से पहले ही फोन के पूरे डिजाइन और मुख्य स्पेसिफिकेशंस का खुलासा कर दिया गया है। इस बार डिवाइस में बैक पैनल पर उभरे हुए कैमरा मॉड्यूल को पूरी तरह हटाकर एक सपाट (Flush Flat) रियर डिजाइन दिया गया है, जिससे फोन हाथ में पकड़ने पर ज्यादा एर्गोनॉमिक और प्रीमियम फील कराता है।पारदर्शी डिजाइन और 3 नए कलर ऑप्शंसरेड मैजिक ने अपने सिग्नेचर ट्रांसपेरेंट डिजाइन को नए फोन में और अधिक निखारा है। यह हैंडसेट तीन प्रमुख पारदर्शी कलर ऑप्शंस में उपलब्ध कराया जाएगा:ट्रांसपेरेंट डार्क नाइट (Transparent Dark Night)ट्रांसपेरेंट सिल्वर विंग (Transparent Silver Wing)ट्रांसपेरेंट आइस ब्लू (Transparent Ice Blue)पारदर्शी बैक पैनल के जरिए फोन के भीतर लगे सक्रिय कूलिंग कंपोनेंट्स, चिपसेट आर्किटेक्चर और आरजीबी लाइटिंग का विजुअल इफेक्ट साफ दिखाई देता है।9वीं पीढ़ी का अंडर-डिस्प्ले कैमरा और 0.96mm का अल्ट्रा-थिन बेजलगेमिंग के दौरान स्क्रीन पर किसी भी तरह की रुकावट से बचने के लिए फोन में ट्रू फुल-स्क्रीन (True Full-Screen) डिजाइन दिया गया है।स्क्रीन पर कोई भी पंच-होल या नॉच नहीं है; इसके बजाय 9वीं पीढ़ी की अंडर-डिस्प्ले फ्रंट कैमरा (UDC) तकनीक का इस्तेमाल किया गया है।स्क्रीन के चारों ओर मिलने वाले ब्लैक बॉर्डर्स (Bezels) को पहले के 1.25mm से घटाकर मात्र 0.96mm कर दिया गया है।डिस्प्ले में 144Hz का हाई रिफ्रेश रेट और 2,500Hz से अधिक का PWM डिमिंग सपोर्ट मिलने की उम्मीद है, जिससे देर तक गेमिंग करने पर आंखों पर तनाव नहीं पड़ेगा।एक्टिव RGB लिक्विड कूलिंग और एयर-कूलिंग का कॉम्बिनेशनलंबे समय तक हैवी ग्राफिक्स गेम्स जैसे Genshin Impact, COD या BGMI खेलने पर फोन गर्म न हो, इसके लिए इसमें एडवांस्ड RGB लिक्विड कूलिंग सिस्टम के साथ फिजिकल सेंट्रीफ्यूगल फैन (Air-Cooling Fan) दिया गया है। यह लिक्विड कूलिंग प्लेट मदरबोर्ड और प्रोसेसर के पूरे मुख्य हिस्से को कवर करती है। गेमिंग के दौरान एक्टिव होने वाली कस्टमाइजेबल RGB लाइटिंग इसे एक वास्तविक गेमिंग कंसोल जैसा लुक देती है।8,400mAh की विशाल बैटरी और 120W फास्ट चार्जिंगइस स्मार्टफोन की सबसे बड़ी यूएसपी इसकी पावर क्षमता है।बैटरी क्षमता: डिवाइस में 8,400mAh की विशाल बैटरी दी गई है, जो बिना दोबारा चार्ज किए पूरे दिन की नॉन-स्टॉप गेमिंग बैकअप देने में सक्षम है।चार्जिंग स्पीड: फोन 120W वायर्ड फास्ट चार्जिंग को सपोर्ट करता है, जिससे इतनी बड़ी बैटरी को भी 30 से 35 मिनट के भीतर तेजी से चार्ज किया जा सकेगा। इसमें बायपास चार्जिंग फीचर भी मौजूद है, जिससे सीधे चार्जर से पावर लेकर गेम खेला जा सकता है और बैटरी गर्म नहीं होती।नेक्स्ट-जेन स्नैपड्रैगन प्रोसेसर और बेंचमार्क रिकॉर्ड्सपरफॉर्मेंस के मोर्चे पर यह फोन क्वालकॉम के लेटेस्ट Snapdragon 8 Elite सीरीज के फ्लैगशिप प्रोसेसर से लैस होगा। हाल ही में गीकबेंच पर मॉडल नंबर Nubia NX819J के साथ स्पॉट किए गए इस फोन ने सिंगल-कोर में 3,677 और मल्टी-कोर टेस्ट में 12,679 का विशाल स्कोर हासिल किया है। इसके अलावा इसमें शोल्डर ट्रिगर्स (Shoulder Triggers), डुअल स्टीरियो स्पीकर्स और हाई-रिज़ॉल्यूशन ट्रिपल रियर कैमरा सेटअप शामिल रहेगा।
यूट्यूबर सारा और सुंग-ह्युन ने कोलकाता से दिल्ली के बीच राजधानी एक्सप्रेस के फर्स्ट एसी में 17 घंटे का सफर किया. ट्रेन की शानदार सुविधाओं, स्टाफ के बेहतरीन व्यवहार और स्वादिष्ट खाने ने विदेशी कपल का दिल जीत लिया.
आखिर मान गया इजरायल, भारतीय पायलट स्मित मच्छार को देगा मेडल; राष्ट्रपति ने किया ऐलान
फ्लाईदुबई के भारतीय पायलट स्मित मच्छार को इजरायल नागरिक वीरता के राष्ट्रपति पुरस्कार से सम्मानित करेगा। सह-पायलट के कथित हमले के बाद विमान 30 सेकंड से भी कम समय में 14 हजार फीट नीचे आ गया था।
Kal Ka Mausam 10 October 2026:
Kal Ka Mausam 10 October 2026: शनिवार को देशभर में मौसम का मिला-जुला रुख रहने की संभावना है। दिल्ली-एनसीआर में आंशिक बादल और हल्की बारिश के आसार हैं। पूर्वी उत्तर प्रदेश में कुछ स्थानों पर बारिश हो सकती है। उत्तराखंड के आठ जिलों में येलो अलर्ट और तेज हवाओं का अनुमान दिया गया है। हरियाणा, पंजाब और चंडीगढ़ में गरज के साथ बौछारें पड़ सकती हैं। वहीं तमिलनाडु और केरल में भारी बारिश तथा कर्नाटक के नौ जिलों में येलो अलर्ट का उल्लेख है। जानें दिल्ली, यूपी, हरियाणा, पंजाब, उत्तराखंड और दक्षिण भारत का कल का मौसम।
पंजाब नेशनल बैंक (PNB) में वित्तीय धोखाधड़ी और अवैध लेन-देन के मामलों पर केंद्रीय जांच एजेंसियों का शिकंजा लगातार कसता जा रहा है। प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने पीएनबी की मुजफ्फरपुर (बिहार) शाखा में हुए ₹1.29 करोड़ के बैंक फ्रॉड और मनी लॉन्ड्रिंग मामले में बड़ी कानूनी कार्रवाई करते हुए 6 आरोपियों के खिलाफ पटना स्थित विशेष पीएमएलए (PMLA) अदालत में औपचारिक 'प्रॉसिक्यूशन कंप्लेंट' (चार्जशीट) दाखिल कर दी है। जांच एजेंसी ने अदालत के समक्ष सभी जरूरी साक्ष्य पेश करते हुए आरोपियों के खिलाफ धन शोधन निवारण अधिनियम के तहत सख्त कानूनी कार्रवाई और दोषसिद्धि (Conviction) की मांग की है।इन 6 आरोपियों के खिलाफ दर्ज हुई औपचारिक चार्जशीटईडी द्वारा अदालत में दाखिल आरोपपत्र में जिन छह मुख्य आरोपियों के नाम शामिल किए गए हैं, वे इस प्रकार हैं:मोहम्मद जफर इकबाल (मुख्य लाभार्थी व साजिशकर्ता)नितेश कुमार सिंहसंतोष आनंदराजेश कुमारमंझय कुमार सिंहकुंदन कुमारजांच एजेंसी के अनुसार, इन सभी आरोपियों ने संगठित तरीके से मिलकर बैंक प्रणाली और खाताधारकों के खातों में सेंध लगाकर करोड़ों रुपये की हेराफेरी को अंजाम दिया।सिम-स्वैपिंग तकनीक से दिया गया वारदात को अंजाम, अलर्ट से बेखबर रहे खाताधारकईडी की जांच में इस बात का सनसनीखेज खुलासा हुआ है कि आरोपियों ने बैंक खातों से अवैध निकासी के लिए 'सिम-स्वैपिंग' (SIM Swapping) के साइबर हथकंडे का इस्तेमाल किया था।जालसाजों ने बैंक खातों से जुड़े पंजीकृत मोबाइल नंबरों के डुप्लीकेट सिम जारी करा लिए।सिम बदल दिए जाने के कारण खाताधारकों के असली मोबाइल नेटवर्क बंद हो गए, जिससे उन्हें खातों से हो रहे अनाधिकृत लेन-देन और वन टाइम पासवर्ड (OTP) के एसएमएस अलर्ट प्राप्त नहीं हो सके।इसके बाद आरोपियों ने इंटरनेट बैंकिंग और डिजिटल ट्रांसफर के जरिए विभिन्न खातों से कुल ₹1.29 करोड़ की भारी-भरकम राशि ट्रांसफर कर ली।हवाला और एटीएम कैश डिपॉजिट के जरिए निजी खातों में रूट की गई रकमजांच में यह भी सामने आया कि खातों से पैसा निकालने के बाद मनी ट्रेल को छुपाने के लिए कई स्तरों पर लेयरिंग की गई। ठगी की गई रकम को तुरंत अलग-अलग डमी बैंक खातों में भेजा गया। जांच एजेंसी को 4 प्रमुख बैंक खातों में लगभग ₹83 लाख की सीधी संदिग्ध गतिविधि मिली। इसके अलावा, राशि का एक बड़ा हिस्सा हवाला चैनलों और विभिन्न शहरों के एटीएम में कैश डिपॉजिट मशीनों के माध्यम से मुख्य आरोपी मोहम्मद जफर इकबाल के व्यक्तिगत बैंक खातों और उसकी प्रोपराइटरशिप फर्म के खातों में रूट किया गया। बाद में इस काले धन को साजिश में शामिल सभी आरोपियों के बीच कमीशन के तौर पर बांट दिया गया।मनी लॉन्ड्रिंग एंगल पर आगे की जांच जारीईडी ने स्पष्ट किया है कि बिहार पुलिस द्वारा दर्ज की गई मूल प्राथमिकियों (FIRs) के आधार पर इस मामले में मनी लॉन्ड्रिंग का ईसीआईआर (ECIR) दर्ज किया गया था। यद्यपि छह मुख्य आरोपियों के खिलाफ प्रॉसिक्यूशन कंप्लेंट दाखिल कर दी गई है, लेकिन वित्तीय लेन-देन, बैंक कर्मचारियों की संभावित मिलीभगत और इस गिरोह से जुड़े अन्य संपर्कों को खंगालने के लिए मामले में आगे की अग्रिम जांच अभी भी जारी है।
राशिफल: मेष से मीन तक जानें कैसा रहेगा आज का दिन
कुछ राशियों के लिए कामकाज में सफलता और आर्थिक लाभ के अवसर लेकर आ सकता है, जबकि कुछ लोगों को महत्वपूर्ण फैसले लेते समय धैर्य और समझदारी से काम लेना होगा। पारिवारिक रिश्तों, प्रेम संबंधों, व्यापार और आर्थिक मामलों में परिस्थितियां अलग-अलग रह सकती हैं।.......
बजरंग दल के 42 साल पूरे, VHP प्रवक्ता Vinod Bansal बोले- सेवा और सुरक्षा के प्रति प्रतिबद्ध
नयी दिल्ली, आठ अक्टूबर विश्व हिंदू परिषद (विहिप) के राष्ट्रीय प्रवक्ता विनोद बंसल ने बृहस्पतिवार को कहा कि बजरंग दल के 42 वर्ष पूरे होने के साथ ही संगठन अपने ‘‘सेवा, सुरक्षा और संस्कार’’ के मूलमंत्र को लेकर प्रतिबद्ध रहा है। बंसल ने एक लेख में कहा कि बजरंग दल का गठन 1984 में विहिप के युवा संगठन के रूप में किया गया था और शुरुआत में इसका उद्देश्य अयोध्या में राम-जानकी रथ यात्रा को सुरक्षा प्रदान करना था। उन्होंने कहा कि बाद में संगठन ने राम मंदिर आंदोलन के लिए हिंदू युवाओं को लामबंद करना शुरू किया और विभिन्न अन्य अभियानों में भी शामिल रहा। बंसल के अनुसार बजरंग दल रक्तदान, पौधारोपण, एंबुलेंस सेवाएं तथा दुर्घटनाओं, आपदाओं और महामारी के दौरान आपातकालीन राहत कार्य करता है। उन्होंने कहा कि संगठन अमरनाथ और बाबा बूढ़ा अमरनाथ यात्राओं तथा राम सेतु अभियान समेत धार्मिक यात्राओं और सामाजिक लामबंदी कार्यक्रमों में भी शामिल रहा है। बंसल ने कहा कि बजरंग दल ने हिंदू धार्मिक स्थलों, धार्मिक परंपराओं और सांस्कृतिक मूल्यों की रक्षा के लिए भी काम किया है। उन्होंने कहा कि संगठन के सामने धर्मांतरण, गोहत्या, ‘‘लव जिहाद’’, आतंकवाद, जनसांख्यिकीय असंतुलन तथा संस्कृति और मूल्यों के क्षरण जैसी चुनौतियां हैं। बंसल ने कहा कि ‘‘सेवा, सुरक्षा और संस्कार’’ संगठन के मार्गदर्शक सिद्धांत बने हुए हैं।
नवरात्रि में मां विंध्यवासिनी मंदिर के दर्शन के लिए विंध्याचल धाम जाने वाले तीर्थयात्रियों और श्रद्धालुओं को उत्तर मध्य रेलवे ने सौगात दी है. दिल्ली, आनंद विहार से पूर्वांचल होकर जाने वाली ट्रेनों को यहां अस्थायी ठहराव दिया गया है. इससे प्रयागराज, मिर्जापुर, भदोही जैसे जिलों को भी फायदा होगा.
आज का मौसम 9 अक्टूबर 2026: देशभर में दक्षिण-पश्चिम मानसून की विदाई के बीच मौसम का मिजाज एक बार फिर बदलता दिखाई दे रहा है। शुक्रवार, 9 अक्टूबर 2026 को उपलब्ध मौसम रिपोर्ट के अनुसार उत्तर भारत से लेकर पूर्वी और दक्षिणी राज्यों तक कई इलाकों में बारिश, तेज हवाओं और गरज-चमक की संभावना जताई […]
संसद से सड़क तक इंडिया ब्लॉक के सांसद विरोध- प्रदर्शन कर रहे हैं, जिसमें बड़ी संख्या में कांग्रेस सांसद शामिल हैं. लेकिन कई पार्टी सांसद ऐसे भी हैं जो प्रोटेस्ट में शामिल होने दिल्ली आए ही नहीं. सूत्रों के मुताबिक, उनसे राहुल गांधी खफा हैं.
एक्शन ही नहीं रोमांस में भी उस्ताद थे नाना, ये 5 फिल्में हैं सबूत
भले ही नाना पाटेकर को दशकों से अलग-अलग तरह के ग्रे रोल निभाने की वजह से उन्हें बॉलीवुड का 'बैड बॉय' माना जाता हो, लेकिन रोमांस जॉनर में उनकी एंट्री बिल्कुल भी निराशाजनक नहीं रही है.
उपचुनाव के नतीजों का इंतजार: असम के नगांव और बंगाल के रेजनीगर-नंदीग्राम में कड़ी सुरक्षा, मतगणना शुरू
घर पर ऐसे निकालें 100% शुद्ध नीम का तेल! बाजार में मिलता है महंगा
How To Make Neem Oil: क्या आप भी मानते हैं कि नीम का तेल पत्तियों से बनता है? दरअसल, असली और शुद्ध नीम का तेल नीम के पके फल यानी नीमौड़ी के अंदर मौजूद बीज से निकाला जाता है. जानिए पके फल इकट्ठा करने से लेकर सुखाने, बीज छांटने और मशीन से तेल निकालने का देसी तरीका.
चुनाव आयोग के खिलाफ विपक्ष की जंग तेज, आज चौथे दिन भी सड़कों पर उतरेगा INDIA ब्लॉक
मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) ज्ञानेश कुमार और चुनाव आयोग की ओर से चलाई जा रही 'स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन' (SIR) प्रक्रिया के खिलाफ विपक्षी गठबंधन 'INDIA ब्लॉक' का विरोध प्रदर्शन आज शुक्रवार को भी जारी रहेगा। पिछले तीन दिनों से निर्वाचन सदन, आकाशवाणी भवन और राजघाट पर लगातार विरोध प्रदर्शन, धरने और हिरासत में लिए जाने के बावजूद विपक्षी दलों के तेवर नरम नहीं पड़े हैं। विपक्षी सांसदों ने स्पष्ट कर दिया है कि चुनावी मतदाता सूचियों में कथित विसंगतियों, 'वोट चोरी' के आरोपों और निष्पक्ष चुनाव प्रक्रिया की बहाली की मांग को लेकर उनका यह 'सत्याग्रह' आगे भी जारी रहेगा। विपक्षी दलों के सांसदों और शीर्ष नेताओं को दिल्ली में ही मौजूद रहने का निर्देश दिया गया है, ताकि प्रस्तावित विरोध मार्च और राष्ट्रपति भवन तक के कार्यक्रम को धार दी जा सके।राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू से मुलाकात की तैयारी, 10 सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल को लेकर इंतजारसड़कों पर प्रदर्शन के साथ-साथ विपक्ष इस पूरे मामले को देश के सर्वोच्च संवैधानिक पद तक ले जाने की रणनीति पर काम कर रहा है। कांग्रेस महासचिव के. सी. वेणुगोपाल के अनुसार, इंडिया गठबंधन की ओर से राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू से मिलने का औपचारिक समय मांगा गया था। सूत्रों के मुताबिक, राष्ट्रपति भवन की ओर से विपक्ष के 10 प्रमुख नेताओं के एक प्रतिनिधिमंडल को मुलाकात की अनुमति दिए जाने की संभावना है। हालांकि, बैठक के तय समय और अंतिम प्रोटोकॉल को लेकर राष्ट्रपति भवन के औपचारिक जवाब व समय निर्धारण का बेसब्री से इंतजार किया जा रहा है। विपक्षी नेताओं का यह प्रतिनिधिमंडल राष्ट्रपति के समक्ष चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली, मतदाता सूची संशोधन (SIR) और आयोग की निष्पक्षता पर सवाल उठाते हुए एक विस्तृत ज्ञापन सौंपने की तैयारी में है।प्रतिनिधिमंडल में शामिल हो सकते हैं ये 10 प्रमुख विपक्षी चेहरेविपक्ष की ओर से जिन 10 शीर्ष नेताओं के राष्ट्रपति से मिलने जाने की संभावना है, उनमें विभिन्न घटक दलों के प्रमुख चेहरे शामिल हैं:मल्लिकार्जुन खरगे (कांग्रेस अध्यक्ष एवं राज्यसभा में नेता प्रतिपक्ष)राहुल गांधी (लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष)ममता बनर्जी (तृणमूल कांग्रेस प्रमुख एवं पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री - जो विशेष रूप से इस मार्च और मुलाकात के लिए दिल्ली पहुंची हैं)अखिलेश यादव (समाजवादी पार्टी प्रमुख)प्रियंका गांधी वाड्रा (कांग्रेस सांसद)अभिषेक बनर्जी / सुदीप बंद्योपाध्याय (तृणमूल कांग्रेस के वरिष्ठ नेता)तेजस्वी यादव / मनोज झा (राष्ट्रीय जनता दल)टी. आर. बालू (द्रविड़ मुनेत्र कड़गम - DMK)संजय राउत (शिवसेना - उद्धव बालासाहेब ठाकरे)डी. राजा / सीताराम येचुरी कैडर / जॉन ब्रिटास (वामपंथी दलों के प्रतिनिधि)क्या है SIR विवाद और विपक्ष की मुख्य मांगें?विपक्षी दलों का आरोप है कि चुनाव आयोग द्वारा दिल्ली और देश के अन्य हिस्सों में चलाए जा रहे 'स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन' (SIR) के तहत लाखों वास्तविक मतदाताओं के नाम बिना उचित सत्यापन के हटाए या प्रभावित किए जा रहे हैं। कांग्रेस नेता राहुल गांधी और अन्य विपक्षी नेताओं का कहना है कि आयोग निष्पक्षता के संवैधानिक दायित्व से भटक रहा है। विपक्ष की मुख्य मांगें हैं:स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (SIR) प्रक्रिया को तत्काल प्रभाव से वापस लिया जाए या इस पर रोक लगाई जाए।मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार अपने पद से इस्तीफा दें।मतदाता सूची पुनरीक्षण की संपूर्ण प्रक्रिया को पारदर्शी बनाया जाए और सभी राजनीतिक दलों के साथ खुला संवाद किया जाए।वहीं दूसरी ओर, चुनाव आयोग और भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने विपक्ष के इन सभी आरोपों को सिरे से खारिज करते हुए इसे संवैधानिक संस्थाओं को बदनाम करने और चुनावी हताशा का परिणाम बताया है।दिल्ली पुलिस का सुरक्षा घेरा कड़ा, कई मार्गों पर ट्रैफिक प्रतिबंधलगातार चौथे दिन प्रस्तावित विरोध मार्च और राजघाट से राष्ट्रपति भवन की दिशा में संभावित हलचल को देखते हुए मध्य दिल्ली में सुरक्षा व्यवस्था चाक-चौबंद कर दी गई है। दिल्ली पुलिस के साथ-साथ केंद्रीय अर्धसैनिक बलों (CAPF) और रैपिड एक्शन फोर्स (RAF) के जवानों को रायसीना हिल्स, इंडिया गेट, जनपथ और राजघाट के आसपास तैनात किया गया है। लुटियंस दिल्ली और संसद मार्ग से जुड़ने वाली सड़कों पर बैरिकेडिंग की गई है और यात्रियों के लिए ट्रैफिक एडवाइजरी जारी की गई है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि बिना पूर्व अनुमति के किसी भी बड़े मार्च को उच्च सुरक्षा वाले क्षेत्रों में आगे बढ़ने की अनुमति नहीं दी जाएगी।
इंटरनेट डेस्क। देश के कई राज्यों में अक्टूबर माह में भी बारिश से राहत नहीं मिल रही है। मौसम विभाग ने आज के लिए भी बारिश और खराब मौसम की आशंका जताई है। उत्तराखंड में कई इलाकों में भारी बारिश हो सकती है। मौसम विभाग ने आज के लिए कुल मिलाकर 15 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में बारिश का पूर्वानुमान जताया है। विभाग ने अलर्ट उत्तराखंड, दक्षिण आंतरिक कर्नाटक, जम्मू-कश्मीर, लद्दाख, छत्तीसगढ़, पूर्वी मध्य प्रदेश, बिहार, झारखंड, पश्चिम बंगाल, सिक्किम, अंडमान और निकोबार द्वीप समूह, ओडिशा, केरल, तमिलनाडु और लक्षद्वीप के लिए जारी किया है। दूसरी और राजस्थान में इन दिनों लोगों को दिन के समय भीषण गर्मी का कहर झेलना पड़ रहा है। प्रदेश में मौसम मुख्य रूप से शुष्क रहा और पिलानी में अधिकतम तापमान 39.7 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया है। आज प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में मौसम शुष्क रहने का अनुमान है। कल से मौसम बदलने की संभावना है। आगामी दिनों में तापमान में 2 से 3 डिग्री सेल्सियस तक गिरावट आ सकती है। कल से इन जिलों बदल सकता है मौसम मौसम विभाग के अनुसार, शनिवार और रविवार को बीकानेर संभाग और शेखावाटी क्षेत्र के कुछ जिलों में बादल छाने, मेघगर्जन और तेज हवाओं के साथ हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है। बीकानेर, श्रीगंगानगर, हनुमानगढ़, चूरू, सीकर और झुंझुनूं सहित आसपास के जिलों में मौसम में बदलाव नजर आ सकता है। पूर्वी और पश्चिमी राजस्थान के अधिकांश हिस्सों में मौसम शुष्क रहने की संभावना है। राजधानी जयपुर के साथ ही, अजमेर, अलवर, भरतपुर, कोटा, उदयपुर और जोधपुर सहित प्रमुख शहरों में बारिश का कोई अलर्ट नहीं है। PC: etvbharat अपडेट खबरों के लिए हमारा वॉट्सएप चैनल फोलो करें
'केले बेच लूंगा, IT में काम नहीं करूंगा', इंजीनियर की कहानी वायरल
सोहम चक्रवर्ती ने ओरेकल में तीन साल नौकरी करने के बाद 2016 में इस्तीफा दे दिया. करीब एक साल कैब चलाने के बाद उन्होंने कोलकाता में कलकत्ता कैप्सूल नाम से टूरिज्म बिजनेस शुरू किया. उनका दावा है कि अब वह अपनी पुरानी नौकरी से 4 से 5 गुना ज्यादा कमाते हैं.
कनाडा के 4 टुकड़े होते देखना चाहते हैं मस्क, भड़क गए PM कार्नी
एलन मस्क के कनाडा के तीन प्रांतों को अलग देश बनाने की वकालत से सियासी हलचल बढ़ गई है. क्यूबेक में अलगाववादी पार्टी की जीत के बीच मस्क की टिप्पणी ने बहस को और हवा दे दी है. इस बीच प्रधानमंत्री मार्क कार्नी ने साफ कर दिया है कि कनाडा के भविष्य का फैसला कोई अरबपति नहीं, बल्कि वहां के लोग करेंगे.
Bypoll 2026 Result Live Updates: देश के तीन राज्यों की पांच विधानसभा सीटों औ असम की एक लोकसभा सीट पर उपचुनाव के लिए वोटों की गिनती जारी है।
LIVE: 6 सीटों पर उपचुनाव परिणाम आज, नाना पाटेकर की मौत अप्राकृतिक!
Latest News Today Live Updates in Hindi : 5 विधानसभा सीटों समेत कुल 6 सीटों पर मतगणना के बाद आज चुनाव परिणाम घोषित किए जाएंगे। पल पल की जानकारी...
वैभव ने की चौके-छक्कों की बारिश, गुरु गंभीर का रिएक्शन Viral
टीम इंडिया के हेड कोच गौतम गंभीर ने वैभव सूर्यवंशी को लेकर बड़ा बयान दिया था. गंभीर ने कहा था कि वैभव बेहद प्रतिभाशाली हैं और अच्छी फॉर्म में भी हैं, लेकिन कभी-कभी आपको अपने मौके का इंतजार करना पड़ता है. गंभीर के मुताबिक ड्रेसिंग रूम में हर खिलाड़ी को टीम मैनेजमेंट का भरोसा और अपने स्थान को लेकर सुरक्षा का एहसास होना जरूरी है.
Supreme Court का SIR पर फैसला अलोकतांत्रिक, पूर्व न्यायाधीश V Gopala Gowda ने रद्द करने की मांग उठाई
नयी दिल्ली, आठ अक्टूबर उच्चतम न्यायालय के पूर्व न्यायाधीश वी. गोपाल गौड़ा ने बृहस्पतिवार को कहा कि निर्वाचन आयोग के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) की संवैधानिक वैधता को बरकरार रखने वाले शीर्ष अदालत के फैसले को रद्द किया जाना चाहिए, क्योंकि यह ‘‘गैर-कानूनी, गैर-संवैधानिक और अलोकतांत्रिक’’ है। पूर्व न्यायाधीश ने यह भी कहा कि शीर्ष अदालत को निर्वाचन आयोग से सभी दस्तावेज मंगाने चाहिए ताकि यह स्पष्ट हो सके कि एसआईआर का निर्णय दोनों निर्वाचन आयुक्तों की सहमति और मंजूरी से लिया गया था या नहीं। उनकी यह टिप्पणी उसी दिन आई, जब 42 सेवानिवृत्त न्यायाधीशों के एक समूह ने एसआईआर का बचाव करते हुए इसे ‘कानूनी प्रक्रिया’ बताया था। न्यायमूर्ति गौड़ा ने बेंगलुरु में कॉकरोच जनता पार्टी (कॉजपा) द्वारा मतदाता सूची पुनरीक्षण के दौरान मतदाताओं के नाम हटाए जाने के विरोध में आयोजित प्रदर्शन में कहा, ‘‘एसआईआर की संवैधानिक वैधता को सही ठहराने वाला उच्चतम न्यायालय का 27 मई का फैसला गैर-कानूनी और अलोकतांत्रिक है, जिसे तुरंत रद्द किया जाना चाहिए।’’उच्चतम न्यायालय के मौजूदा न्यायाधीश उज्जल भुइयां की हालिया टिप्पणी का समर्थन करते हुए न्यायमूर्ति गौड़ा ने कहा कि मतदाताओं को बड़े पैमाने पर मताधिकार से वंचित करने के खिलाफ आवाज उठाकर उन्होंने कोई न्यायिक मर्यादा नहीं तोड़ी है। न्यायमूर्ति भुइयां ने रविवार को कहा था कि लाखों नागरिकों को मताधिकार से वंचित करने वाली कोई भी प्रक्रिया संवैधानिक व्यवस्था के खिलाफ है।
गोवा: अभिनेता नाना पाटेकर की मौत की जांच शुरू, पणजी पुलिस ने दर्ज किया अप्राकृतिक मौत का मामला
गोवा: अभिनेता नाना पाटेकर की मौत की जांच शुरू, पणजी पुलिस ने दर्ज किया अप्राकृतिक मौत का मामला- Panaji police register case of unnatural death of o actor Nana Patekar's death Investigation begins
बच्चे के सिर को तबला समझकर बजाने लगे मास्टर साहब, हो गए सस्पेंड
उत्तर प्रदेश के इटावा में एक सरकारी स्कूल के शिक्षक का हैरान करने वाला वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ है. आरोप है कि शिक्षक ने गंजे सिर वाले बच्चे के सिर को तबले की तरह बजाया और इसका वीडियो बनवाकर अपनी फेसबुक आईडी पर पोस्ट कर दिया. मामला शिक्षा विभाग तक पहुंचा तो शिक्षक को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया.
दिल्ली-हरियाणा समेत कई राज्यों में आज से मौसम बदल सकता है। कई इलाकों में हल्की बारिश के आसार हैं। वहीं तमिलनाडु और उत्तराखंड समेत कई राज्यों में आज भारी बारिश का अलर्ट है।
दवा कंपनियों पर 10029 करोड़ जुर्माना: 84% वसूली बाकी; मरीजों से ज्यादा कीमत वसूलने के मामले कहां ज्यादा?
अभिजीत दीपके का साथ देने आ रहीं ममता बनर्जी? CJP प्रोटेस्ट में हो सकती हैं शामिल
ममता बनर्जी 10 अक्टूबर को दिल्ली के जंतर-मंतर पर CJP के प्रदर्शन में शामिल हो सकती हैं। इस प्रदर्शन में मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार को पद से हटाने की मांग की जाएगी। अभिजीत दीपके इसकी अगुवाई करेंगे।
चंद्रमा-शनि बनाएंगे विष योग, इन राशियों की बढ़ सकती हैं मुश्किलें
Chandra-Shani Vish Yog 2026: चंद्र-शनि विष योग 2026 से इन 3 राशि के जातकों को सावधान रहना होगा. इन राशि के जातकों को इस दौरान स्वास्थ्य, धन और पारिवारिक मामलों में विशेष सावधानी बरतनी चाहिए.
नाना के निधन पर इमोशनल हुए पाकिस्तानी क्रिकेटर, बोले- पीढ़ियों...
बॉलीवुड के दिग्गज अभिनेता नाना पाटेकर का 8 अक्टूबर को निधन हो गया. उनके निधन पर पाकिस्तानी क्रिकेटर उमर अकमल ने सोशल मीडिया पर भावुक श्रद्धांजलि दी.
PAK को 15 'टुकड़ों' में बांटने की तैयारी, मुनीर के प्रस्ताव का हो रहा विरोध
पाकिस्तान में चार बड़े प्रांतों को बांटकर 12 से 15 नए प्रांत बनाने के प्रस्ताव की चर्चा है. सेना प्रमुख असीम मुनीर छोटे प्रशासनिक क्षेत्र बनाने के पक्ष में हैं. पंजाब और सिंध जैसे बड़े प्रांतों की राजनीतिक ताकत कम होने की आशंका भी जताई जा रही है. हालांकि, इस प्रस्ताव पर अभी कोई आधिकारिक फैसला सामने नहीं आया है.
Top News 9 October: भारतीय IT कंपनियों को अमेरिका में बड़ा झटका, इजराइल में भारतीय पायलट का सम्मान
9 अक्टूबर की बड़ी खबरें: US Green Card प्रोग्राम से TCS, Infosys जैसी कंपनियां निलंबित। भारतीय पायलट कैप्टन स्मित को इजराइल का सर्वोच्च सम्मान। रियाद जाने वाली उड़ानें रद्द, भारत-वेस्टइंडीज दूसरा T20 मुकाबला आज।
H1-B वीजा वालों को बंधुआ मजदूर बोलने लगा अमेरिका, भारतीयों को मिलता है यह
अमेरिका H1B वीजा के खिलाफ बड़े एक्शन ले रहा है। खास बात है कि इसी क्रम में सरकार ने कई कंपनियों को भी घेरा है, जो बड़ी संख्या में भारतीयों को नौकरी देती हैं। इस वीजा के लिए आवेदन करने वाले बड़ी संख्या में भारतीय हैं।
Bypoll Results Live: पश्चिम बंगाल के नंदीग्राम और रेजीनगर समेत 6 सीटों पर हुए उपचुनाव के नतीजों का इंतजार खत्म हो गया है। वोटों की गिनती शुरू हो गई है। बंगाल की दोनों सीटें बीजेपी के लिए बेहद अहम मानी जा रही हैं।

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