जिस होटल में ठहरे थे, 4 घंटे बाद वही बह गया, नेपाल में बाल-बाल बचे प्रदीप
कैलाश मानसरोवर यात्रा पर गए विरार के प्रदीप तेंदुलकर हादसे से कुछ घंटे पहले होटल छोड़ चुके थे. उनके निकलने के करीब चार घंटे बाद फ्लैश फ्लड में वही होटल बह गया. तेंदुलकर इस हादसे में बाल-बाल बच गए.
राहुल गांधी को पीएम उम्मीदवार न मानने पर टीवीके सरकार छोड़ेंगे कांग्रेस मंत्री: राजेश कुमार
तमिलनाडु के मंत्री एस. राजेश कुमार ने कहा कि अगर गठबंधन सहयोगी तमिलगा वेत्री कषगम (टीवीके) ने 2029 के लोकसभा चुनाव में राहुल गांधी को प्रधानमंत्री पद का उम्मीदवार बनाने के कांग्रेस के रुख का समर्थन नहीं किया, तो कांग्रेस के दोनों मंत्री राज्य मंत्रिमंडल से इस्तीफा दे देंगे। नागरकोइल (तमिलनाडु), 31 अगस्त तमिलनाडु के मंत्री एस. राजेश कुमार ने कहा है कि यदि गठबंधन सहयोगी तमिलगा वेत्री कषगम (टीवीके) पार्टी 2029 के लोकसभा चुनाव के लिए राहुल गांधी को प्रधानमंत्री पद का उम्मीदवार घोषित करने का समर्थन नहीं करती है तो कांग्रेस के दोनों मंत्री राज्य मंत्रिमंडल से इस्तीफा दे देंगे। साथ ही उन्होंने दावा किया कि राहुल गांधी ही भारत के अगले प्रधानमंत्री होंगे। सत्तारूढ़ टीवीके के मंत्रियों, विधायकों और सदस्यों की ओर से मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय को अगले लोकसभा चुनाव के लिए प्रधानमंत्री पद का उम्मीदवार बनाए जाने की बढ़ती मांग के बीच राजेश कुमार ने कहा कि अगर गठबंधन सहयोगी इस मुद्दे पर कांग्रेस के रुख का समर्थन नहीं करती है, तो वह और उनके सहयोगी पी. विश्वनाथन (उच्च शिक्षा मंत्री) अपने पदों से इस्तीफा देने के लिए तैयार हैं। मई में कांग्रेस ने विजय के नेतृत्व वाली टीवीके को सरकार बनाने के लिए समर्थन देने का फैसला किया था। इसके बाद कांग्रेस को राज्य मंत्रिमंडल में जगह दी गई थी। रविवार को कन्याकुमारी में एक कार्यक्रम में राजेश कुमार की नाराजगी सामने आई। उनके बयान से संकेत मिलता है कि कांग्रेस अपने रुख से कोई समझौता करने के लिए तैयार नहीं है। हालांकि, विश्वनाथन से तत्काल इस बारे में प्रतिक्रिया नहीं मिल सकी। कुमार के बयान से कांग्रेस और टीवीके के बीच संबंधों में दरार पैदा होने की आशंका जताई जा रही है।
UP की ODOP योजना से चमकी किसानों की किस्मत
सिद्धार्थनगर का GI टैग वाला काला नमक चावल कभी 50-60 रुपये किलो में भी मुश्किल से बिकता था। लेकिन उत्तर प्रदेश की ODOP (One District One Product) योजना में शामिल होने के बाद इसकी तस्वीर बदल गई। आज यही चावल बाजार में 180-200 रुपये किलो तक बिक रहा है और व्यापारी फसल तैयार होने से पहले ही एडवांस देकर खरीद रहे हैं।
परीक्षा केंद्र पर अव्यवस्था का आरोप, 36 सवाल लीक होने से हड़कंप
जयपुर में एक परीक्षा केंद्र पर छात्रों को भारी अव्यवस्था का सामना करना पड़ा है. परीक्षार्थियों का आरोप है कि परीक्षा हॉल में न तो एसी की व्यवस्था थी और न ही परीक्षा देने के लिए अनुकूल माहौल था. छात्रों के अनुसार, परीक्षा शुरू होने के कुछ ही समय बाद यानी सुबह 9:15 बजे के आसपास लगभग 36 प्रश्न पहले ही बाहर आ चुके थे. छात्रों का मानना है कि यह कोई सामान्य तकनीकी खराबी या सिस्टम का ग्लिच नहीं है, बल्कि यह पूरी तरह से पेपर लीक और हैकिंग का मामला है. उनका कहना है कि परीक्षा के दौरान अचानक कंप्यूटर सिस्टम बंद हो गए, जबकि न तो बिजली गई थी और न ही कोई और बाहरी व्यवधान हुआ था.
आतंकी साजिश में तिहाड़ में बंद अमेरिकी नागरिक, परिवार ने ट्रंप से लगाई रिहाई की गुहार
दिल्ली की तिहाड़ जेल में बंद अमेरिकी नागरिक और पूर्व मर्सिनरी मैथ्यू वैनडाइक के परिवार ने अमेरिकी दूतावास से तत्काल हस्तक्षेप की मांग की है. परिवार का दावा है कि वैनडाइक को बुनियादी बंदी अधिकार नहीं मिल रहे और उसकी सेहत लगातार बिगड़ रही है. वैनडाइक को NIA ने मार्च में गिरफ्तार किया था और उस पर UAPA की धारा 18 के तहत मामला दर्ज है.
दिल्ली में 16 साल की छात्रा से गैंगरेप, स्लीपर बस में की गई वारदात
दिल्ली में कश्मीरी गेट इलाके में स्लीपर बस में 16 साल की छात्रा से गैंग रेप की वारदात सामने आई है. वारदात 4 अगस्त की रात की बताई जा रही है. पीड़िता के मुताबिक, आरोपी ड्राइवर-कंडक्टर ने विरोध करने पर जान से मारने की धमकी दी. पीड़िता को देर रात कश्मीरी गेट बस अड्डे के पास रिंग रोड पर उतारकर फरार हो गए. घबराई छात्रा ने कश्मीरी गेट पुलिस से संपर्क कर घटना की जानकारी दी. दोनों आरोपियों को तिमारपुर की एक बस पार्किंग से गिरफ्तार कर लिया गया है. घटना में इस्तेमाल बस को जब्त कर उसकी फॉरेंसिक जांच कराई जा रही है.
राहुल गांधी पर दलित समाज की भावनाएं आहत करने का लगा आरोप
कांग्रेस नेता राहुल गांधी के एक हालिया बयान को लेकर विवाद खड़ा हो गया है. शिकायतकर्ता का आरोप है कि राहुल गांधी ने हल्द्वानी के रामलीला मैदान में हुए शुद्धिकरण के मामले को जबरन जातिगत रंग दिया है. उन्होंने इस मुद्दे को छुआछूत से जोड़कर पेश किया, जिससे दलित समाज की भावनाएं गंभीर रूप से आहत हुई हैं. शिकायतकर्ता ने पुलिस और संबंधित अधिकारियों से इस मामले में कार्रवाई की मांग की है.
4 या 5 अगस्त, कब मनाई जाएगी जन्माष्टमी? दूर करें तिथि का कंफ्यूजन
Janmashtami 2026 Kab Hai: जन्माष्टमी के दिन भगवान श्रीकृष्ण की विधि-विधान से पूजा करने का विशेष महत्व माना जाता है. अगर आप भी जन्माष्टमी का व्रत रखने वाले हैं, तो पूजा का शुभ समय और जरूरी तिथि अभी नोट कर लें.
आज ही करने हैं ये 4 जरूरी काम, कल से नहीं मिलेगा मौका!
Financial Works Deadline Today: कल से सितंबर का महीना शुरू होगा और ये तमाम बड़े बदलाव (Rule Change From 1st September) लेकर आएगा. वही आज 31 अगस्त का दिन कई जरूरी कामों की डेडलाइन है, जिन्हें पूरा करने का मौका शायद अगले महीने न मिले.
हल्द्वानी शुद्धिकरण मामले में राहुल गांधी पर दर्ज FIR
कांग्रेस नेता राहुल गांधी की मुश्किलें एक बार फिर बढ़ती हुई दिखाई दे रही हैं. हल्द्वानी शुद्धीकरण मामले में उनके खिलाफ एक बार फिर से मामला दर्ज किया गया है. इस बार उन पर धारा 196 और 299 के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है. यह मामला उनके एक विवादित बयान से जुड़ा है, जिसे लेकर विवाद खड़ा हुआ था. हल्द्वानी में हुए इस पूरे घटनाक्रम के बाद अब कानूनी कार्रवाई तेज हो गई है.
नेपाल बाढ़ पर पर्यावरणविद् की चेतावनी: 'हिमालय के बढ़ते खतरे को समझें, टिकाऊ विकास जरूरी'
नेपाल बाढ़ पर पर्यावरणविद् की चेतावनी: 'हिमालय के बढ़ते खतरे को समझें, टिकाऊ विकास जरूरी'
अंकित बालियान हत्याकांड में यूपी STF ने दो शूटर्स को किया ढेर
उत्तर प्रदेश पुलिस और स्पेशल टास्क फोर्स (एसटीएफ) को एक बड़ी कामयाबी मिली है. जिम के बाहर हुई अंकित बालियान की सनसनीखेज हत्या के मामले में पुलिस की जांच काफी तेज हो गई है. पुलिस की शुरुआती पड़ताल के अनुसार, इस वीभत्स हत्याकांड को अंजाम देने के लिए कुल चार शूटर मौके पर पहुंचे थे. इनमें से दो शूटरों को पुलिस ने सुबह-सुबह एक मुठभेड़ के दौरान ढेर कर दिया है.
15 साल बाद Apple में बदलाव! Tim Cook छोड़ेंगे CEO की कुर्सी
Apple में 15 साल बाद बड़ा बदलाव होने जा रहा है. Tim Cook CEO की कुर्सी छोड़ रहे हैं और अब कंपनी की कमान John Ternus संभालेंगे. जानिए कौन हैं नए CEO और Apple के सामने क्या होंगी बड़ी चुनौतियां.
लखनऊ में हिंदूवादी नेता धीरेंद्र सिंह की हत्या, नहर से मिला शव
लखनऊ के दुबग्गा इलाके से एक सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहां हिंदूवादी नेता धीरेंद्र प्रताप सिंह का शव एक नहर से बरामद किया गया है. शुरुआती जांच में यह बात सामने आई है कि पहले धीरेंद्र प्रताप सिंह को गोली मारी गई और फिर उनकी हत्या करने के बाद शव को एक फॉर्च्यूनर गाड़ी में लाया गया और उसे नहर में फेंक दिया गया. इस पूरे मामले का खुलासा तब हुआ जब धीरेंद्र की पत्नी ममता सिंह ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई.
बॉलीवुड सुपरस्टार अजय देवगन अब टीवी के चर्चित क्राइम शो 'क्राइम पेट्रोल' से जुड़ने जा रहे हैं, जहां वह असल जिंदगी के अपराधों से जुड़ी कहानियों को दर्शकों तक पहुंचाएंगे। वह 'क्राइम पेट्रोल' के नए सीजन 'क्राइम पेट्रोल-क्राइम का करंट सीजन' को होस्ट करते दिखेंगे।
मुंबई के चिकित्सक एवं पर्वतारोही मिलिंद चितले अपने जानने वालों के लिए महज एक मित्र नहीं बल्कि बहुत कुछ रहे हैं। नेपाल में 26 अगस्त को आई विनाशकारी बाढ़ के बाद हर गुजरते दिन के साथ उन्हें खोज पाने की उनके परिवार और शुभचिंतकों की उम्मीदें धुंधली पड़ती जा रही हैं। 1988 के पहले ऐतिहासिक भारतीय नागरिक कंचनजंघा अभियान में आधिकारिक चिकित्सक के तौर पर उनकी भूमिका की यादें ताजा होने के बीच, उनके लंबे समय से मित्र और अभियान सहयोगी चारु जोशी ने सोमवार को हिमालय के साथ चितले के दशकों पुराने रिश्ते को याद किया। जोशी ने संवाददाताओं से कहा कि आपदा के पांच दिन बाद बचावकर्मियों ने फिलहाल उन लोगों को प्राथमिकता दी है जिन्हें आसानी से बचाया जा सकता है, जबकि मिट्टी खोदकर तलाश का काम अभी शुरू नहीं हुआ है। उन्होंने कहा, ‘‘यह बहुत जटिल प्रक्रिया है।’’जोशी के लिए यह अनिश्चितता की स्थिति इसलिए भी मुश्किल भरी है क्योंकि उनकी दोस्ती 40 साल से अधिक पहले पहाड़ों में ही हुई थी। उन्होंने भावुक आवाज में कहा, ‘‘वह सिर्फ दोस्त नहीं थे, उससे कहीं बढ़कर थे।’’मुंबई के अंधेरी इलाके के चिकित्सक और ‘हिल्स एंड ट्रेल्स’ टूर कंपनी के संस्थापक चितले करीब तीन दशक से हिमालयी पर्वतारोहण और अभियानों से जुड़े थे। वह और उनकी पत्नी 61 सदस्यीय कैलाश मानसरोवर तीर्थयात्रा समूह का नेतृत्व कर रहे थे, जो 26 अगस्त को नेपाल-तिब्बत सीमा क्षेत्र में आई अचानक बाढ़ के बाद से लापता है। अधिकारियों के अनुसार, नेपाल में अचानक आई बाढ़ से मरने वालों की संख्या सोमवार को बढ़कर 903 हो गई है। बड़ी संख्या में शव बरामद किए जा रहे हैं और करीब 4,250 लोग अब भी लापता हैं। जोशी ने कहा कि अब चितले के जीवित मिलने की उम्मीद ‘‘बेहद क्षीण’’ हो गई है। चितले का पहाड़ों से जुड़ाव कई दशक पुराना था, लेकिन 1988 का कंचनजंघा अभियान उनके पर्वतारोहण जीवन का एक महत्वपूर्ण अध्याय रहा। ‘कांगचेनजंघा 88’ के नाम से चर्चित यह अभियान असैन्य पर्वतारोहियों का एक महत्वपूर्ण प्रयास था, जिसमें मुख्य रूप से महाराष्ट्र के पर्वतारोही शामिल थे। इसका उद्देश्य उन अभियानों में उपलब्ध सैन्य ढांचे के बिना दुनिया की तीसरी सबसे ऊंची चोटी पर चढ़ाई करना था। जोशी ने बताया कि चितले इस अभियान के आधिकारिक चिकित्सक थे। हालांकि दल चोटी तक नहीं पहुंच सका, लेकिन उसने कंचनजंघा के कुछ बेहद चुनौतीपूर्ण हिस्सों को पार करते हुए 8,000 मीटर की ऊंचाई का कठिन पड़ाव पार किया था। इसे भारत में नागरिक पर्वतारोहण आंदोलन की एक महत्वपूर्ण उपलब्धि माना गया। चितले के साथ 1981-82 से जुड़े जोशी ने ऊंचे हिमालय में साथ बिताए वर्षों को याद करते हुए कहा कि उस अभियान ने चार दशक से अधिक समय तक चलने वाली उनकी दोस्ती को मजबूत किया। जोशी ने कहा, ‘‘1988 में माउंट कंचनजंघा पर पहला नागरिक अभियान आयोजित किया गया था और वह हमारे आधिकारिक चिकित्सक थे। हम बहुत करीबी दोस्त थे।’’चितले ने वर्षों तक चिकित्सा सेवा के साथ पहाड़ों के प्रति अपने जुनून को जारी रखा और हिमालय उनके जीवन का अभिन्न हिस्सा बन गया। पिछले सप्ताह जब अचानक बाढ़ आई, तब चितले नेपाल में थे। जोशी, जो बाद में भारत लौट आए, स्थिति का जायजा लेने के लिए काठमांडू गए और भारतीय दूतावास के साथ समन्वय करने का प्रयास किया। उन्होंने स्थानीय एजेंसी ‘रिचा ट्रेक्स’ से भी संपर्क कर चितले के बारे में जानकारी मांगी। जोशी ने कहा, ‘‘मैंने उससे साफ-साफ पूछा कि बचने की कितनी संभावना है। उसने कहा कि संभावना बहुत कम है, क्योंकि नेपाल-चीन सीमा पर आव्रजन केंद्र में हमेशा लंबी कतार लगी रहती है और बाढ़ उसी जगह आई थी।’’उन्होंने बताया कि अनुमान है कि बाढ़ का पानी जब वहां से गुजरा तब आव्रजन केंद्र पर 600-700 लोग मौजूद थे, जिससे लोगों के जीवित बचने की संभावना बेहद कम हो गई। जोशी के अनुसार, घटना वाले इलाके को नेपाल सेना, नेपाल पर्वतारोहण संघ और पुलिस ने घेराबंदी कर अपने नियंत्रण में ले लिया है। सेना ने त्रिशूली में एक नियंत्रण केंद्र भी स्थापित किया है। डॉ. चितले के नेतृत्व वाला समूह 23 अगस्त को मुंबई से काठमांडू के लिए रवाना हुआ था और 25 अगस्त की शाम को उनसे आखिरी बार संपर्क हुआ था। इसके कुछ घंटे बाद 26 अगस्त की सुबह ऊंचाई वाले क्षेत्रों से आई बाढ़ के तेज बहाव ने महत्वपूर्ण आव्रजन ढांचे को तबाह कर दिया था। समूह को दो सितंबर को कैलाश परिक्रमा पूरी करने के बाद छह सितंबर को मुंबई लौटना था। डॉ. चितले ने अपने क्लीनिक के बाहर एक सूचना भी लगा रखी थी, जिसमें लिखा था कि क्लीनिक छह सितंबर तक बंद रहेगा।
हिंदू नेता के हत्याकांड में बिना नंबर की गाड़ी में मिला कारतूस
उत्तर प्रदेश में सनसनीखेज वारदात सामने आई है, जहां धीरेन्द्र प्रताप सिंह की गोली मारकर हत्या कर दी गई है. इस हत्याकांड से इलाके में दहशत का माहौल है. पुलिस की शुरुआती जांच और पूछताछ में कई चौंकाने वाले खुलासे हुए हैं. पुलिस को एक ऐसी गाड़ी मिली है जिस पर कोई नंबर प्लेट नहीं है, जिससे इस वारदात को लेकर गहरा शक पैदा हो रहा है. यह पूरी तरह से ब्लैक कलर की गाड़ी है और इसके शीशे भी चारों तरफ से पूरी तरह काले हैं.
कर्नाटक के उच्च शिक्षा मंत्री बसवराज रायरेड्डी ने कोप्पल ज़िले के कुकानूर में पैगंबर मोहम्मद के जन्मदिन के मौके पर आयोजित एक सामूहिक विवाह समारोह में इस्लाम को सभी धर्मों से श्रेष्ठ बताकर एक राजनीतिक विवाद खड़ा कर दिया है। रायरेड्डी ने कहा कि इस्लाम एक महान धर्म है जो मानवता को बढ़ावा देता है और वैज्ञानिक स्वभाव वाला है। यह लोगों को सिखाता है कि धार्मिक कट्टरपंथी या जातिवादी बने बिना कैसे जिया जाए। यह साफ़ नहीं है कि यह कार्यक्रम कब हुआ था। उन्होंने कहा कि इस्लाम के बारे में कई गलतफहमियां फैलाई जा रही हैं और वह कुरान का अध्ययन करने के इच्छुक हैं। उन्होंने कहा कि यह ग्रंथ पूरी मानवता के लिए है, न कि सिर्फ़ मुसलमानों के लिए। इसे भी पढ़ें: 'जिस देश से बाबर आया, वहीं से मिला सम्मान', PM मोदी को उज़्बेकिस्तान के सर्वोच्च नागरिक पुरस्कार पर Asaduddin Owaisi का तंज मंत्री ने यह भी कहा कि वह हज यात्रा करना चाहते हैं, लेकिन उन्हें ऐसा करने का मौका नहीं मिला है, क्योंकि इसके लिए इस्लाम अपनाना पड़ता है। उन्होंने कहा कि वह खुद शायद ही कभी मठों या मंदिरों में जाते हैं, हालांकि वह अब्राहमिक धर्मों सहित विभिन्न धर्मों के इतिहास का अध्ययन करने की कोशिश करते हैं। इन टिप्पणियों पर BJP ने कड़ी प्रतिक्रिया दी और मांग की कि मुख्यमंत्री डीके शिवकुमार, रायरेड्डी को निर्देश दें कि वे या तो हिंदू समुदाय से माफ़ी मांगें या कैबिनेट से इस्तीफ़ा दे दें। कर्नाटक BJP प्रमुख आर अशोक ने मंत्री पर आरोप लगाया कि मंदिरों और मठों में न जाने के बारे में अपनी टिप्पणियों से उन्होंने हिंदू धर्म और सनातन धर्म का अपमान किया है। आर. अशोक ने डीकेशिवकुमार के बार-बार मंदिर जाने का भी ज़िक्र किया। उन्होंने X पर लिखा कि डीके शिवकुमार, क्या आपकी कांग्रेस सरकार की हिंदू-विरोधी सोच का कोई अंत नहीं है? आप सुबह-सुबह मंदिर जाने और कैमरों के सामने भक्ति दिखाने का दिखावा तो करते हैं, लेकिन जब आपकी ही कैबिनेट का कोई मंत्री सनातन हिंदू धर्म और मंदिरों के बारे में अपमानजनक बातें कहता है, तो आप चुप क्यों रहते हैं? उन्होंने कहा कि अगर बसवराज रायरेड्डी माफ़ी नहीं मांगते हैं, तो उन्हें इस्तीफ़ा दे देना चाहिए। उनकी यह मांग मंत्री बी नागेंद्र के इस्तीफ़े के दो दिन बाद आई है; नागेंद्र ने भ्रष्टाचार के आरोपों पर बीजेपी के कड़े विरोध के बाद दो साल में दूसरी बार इस्तीफा दिया था। बीजेपी नेता ने कहा कि उच्च शिक्षा मंत्री बसवराज रायरेड्डी के घमंडी बयानों को ध्यान से सुनें। 'मैं मठों या मंदिरों में नहीं जाता' कहकर उन्होंने राज्य के लाखों हिंदुओं की आस्था के केंद्रों का अपमान किया है। 'इस्लाम दूसरे धर्मों से बेहतर है' जैसे बयान देकर उन्होंने सनातन धर्म को नीचा दिखाया है। उन्होंने आगे कहा कि हमारी मांग साफ़ है: सबसे पहले, बसवराज रायरेड्डी को अपने बयान वापस लेने चाहिए और राज्य के सभी हिंदुओं से माफ़ी मांगनी चाहिए। अगर वह ऐसा करने को तैयार नहीं हैं, तो शिवकुमार को उन्हें कैबिनेट से हटाने का अपना संकल्प दिखाना होगा। वरना, कन्नड़ भूमि के लाखों हिंदुओं के लिए एक बात साफ़ हो जाएगी: मंदिरों में आपका जाना भक्ति के लिए नहीं है; आपकी बातें हिंदू धर्म के प्रति सम्मान के कारण नहीं हैं; सब कुछ सिर्फ़ वोटों के लिए और दिखावे के लिए है। इसे भी पढ़ें: निकाय चुनाव जीतने के लिए केवल परिसीमन पर निर्भर है भाजपा: टीकाराम जूली रायरेड्डी ने साफ़ किया कि सभी धर्मों में अच्छे सिद्धांत होते हैं और मंदिरों में भी इसी तरह की परंपराएँ निभाई जाती हैं। उन्होंने शादी महलों (वेडिंग हॉल) के लिए मिलने वाले फ़ंड के बारे में भी बात की और बताया कि सरकार इसके लिए पैसे देती है, न कि सऊदी अरब, पाकिस्तान या किसी दूसरे मुस्लिम देश से कोई पैसा आता है। उन्होंने यह भी कहा कि किसी भी धार्मिक संस्थान की ज़मीन या चढ़ावे को हड़पना—चाहे वह किसी भी धर्म का हो—एक बहुत बड़ा पाप है। देशभर की राजनीति, ताज़ा घटनाओं और बड़ी खबरों से जुड़े रहने के लिए पढ़ें National News in Hindi केवल प्रभासाक्षी पर। Karnataka Congress Minister Calls Islam “Better” Than Other Religions. Mr. Basavaraj Rayareddy, you are insulting the sentiments of the majority of people who elected you, including millions of followers of Hinduism and the teachings of Jagadguru Basavanna. If you truly admire… pic.twitter.com/92xcoAYfpN — Shobha Karandlaje (@ShobhaBJP) August 31, 2026
क्रिकेट से PAK सियासत तक, इमरान का इन बॉलीवुड हसीनाओं संग रहा अफेयर!
पाकिस्तानी क्रिकेट टीम के पूर्व कप्तान और पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान की जिंदगी का हर पहलू विवादों से घिरा रहा है. पेशेवर मैदान से लेकर निजी जिंदगी तक, वो हमेशा सुर्खियों में रहे. एक वक्त पर बुलंदियों पर रहने वाले इमरान आज बेबस और लाचारी की जिंदगी जी रहे हैं.
चीन ने तबाही के बीच नेपाल की ओर बढ़ाया मदद का हाथ, दिए 22 लाख डॉलर
चीन ने बाढ़ प्रभावित नेपाल की ओर मदद का हाथ बढ़ाया है. चीन ने बाढ़ प्रभावित लोगोंके लिए 22 लाख अमेरिकी डॉलर की वित्तीय सहायता दी है.
उज्बेकिस्तान में छात्रों के बीच PM मोदी, युवाओं से की खास बातचीत
PM मोदी उज्बेकिस्तान की राजधानी ताशकंद के दौरे पर हैं. ताशकंद में भारत और उज्बेकिस्तान के बीच द्विपक्षीय बैठक हुई जिसमें कई मुद्दों पर सहमति बनी..पीएम मोदी ने उज्बेकिस्तान को भारत का प्रमुख साझेदार बताया. इसके बाद पीएम मोदी ने एक कार्यक्रम में छात्रों से संवाद भी किया.
वैभव ने दलीप ट्रॉफी में रच दिया इतिहास, 57 साल पुराना रिकॉर्ड ध्वस्त
दलीप ट्रॉफी के क्वार्टर फाइनल में वैभव बल्ले से ज्यादा प्रभाव नहीं छोड़ पाए थे, लेकिन गेंदबाजी में उन्होंने अपनी उपयोगिता साबित की थी. नॉर्थ ईस्ट जोन के खिलाफ उन्होंने तीन ओवर में 11 रन देकर दो विकेट हासिल किए थे. उन्होंने एक ही ओवर में किशन लिंगदोह और इमलीवाटी लेमटूर को आउट किया था.
भूकंप से झटकों से कांपी धरती, जान बचाकर सड़कों पर आए लोग, मची भारी अफरा-तफरी
Iran Earthquake Today:
नेपाल की तबाही में भारत का फुल सपोर्ट, राहत सामग्री के साथ फॉरेंसिक और रेस्क्यू टीमें भी उतरीं
नेपाल की भीषण बाढ़ के बाद भारत ने राहत सामग्री के साथ फॉरेंसिक विशेषज्ञ और रेस्क्यू टीमें भेजी हैं। भारतीय दल डीएनए जांच और सुरंगों में बचाव अभियान में मदद कर रहे हैं।
मोरिंगा से नाश्ते में झटपट बनाएं क्रिस्पी थालीपीठ, रेसिपी है आसान
Moringa Thalipeeth Recipe: मोरिंगा यानी सहजन के पत्ते सेहत के लिए काफी फायदेमंद माने जाते हैं. अगर आप इन्हें अपनी डाइट में शामिल करना चाहते हैं तो नाश्ते में इसकी टेस्टी थालीपीठ बना सकते हैं. आज हम आपको इसे घर पर बनाने की आसान रेसिपी बताएंगे.
जयपुर के दो केंद्रों पर बिजली गुल, जांच के लिए 3 सदस्यीय पैनल का गठन
एनबीईएमएस ने जयपुर के दो केंद्रों पर हुई NEET-PG 2026 परीक्षा में बिजली कटौती की जांच के लिए तीन सदस्यीय समिति का गठन किया है. इस दौरान प्रभावित 2,445 उम्मीदवारों की परीक्षा का आयोजन दोबारा से 5 सितंबर को किया जाएगा.
Jayalalithaa की रणनीति दोहराएंगे Joseph Vijay? PM महत्वाकांक्षा पर DMK-Congress बिफरे
प्रधानमंत्री पद के लिए मुख्यमंत्री सी जोसेफ विजय को 9 प्रतिशत जनसमर्थन मिलने वाले सर्वे के नतीजों के बाद, कांग्रेस नेता और उच्च शिक्षा मंत्री पी. विश्वनाथन ने कहा कि उनकी पार्टी के नेता राहुल गांधी ही प्रधानमंत्री पद के उम्मीदवार होंगे। हालांकि, तमिलगा वेट्री कझगम (TVK) के नेताओं के.ए. सेंगोट्टैयन और सी.टी.आर. निर्मल कुमार ने प्रधानमंत्री पद के लिए जोसेफ विजय को उम्मीदवार बनाने की संभावना से इनकार नहीं किया। इससे यह सवाल उठने लगा है कि क्या TVK पूर्व मुख्यमंत्री जे. जयललिता की 2014 के लोकसभा चुनाव वाली रणनीति अपना सकती है, जिसमें उन्होंने खुद को प्रधानमंत्री पद का उम्मीदवार घोषित किया था और 37 लोकसभा सीटें जीती थीं। इसे भी पढ़ें: 'जिस देश से बाबर आया, वहीं से मिला सम्मान', PM मोदी को उज़्बेकिस्तान के सर्वोच्च नागरिक पुरस्कार पर Asaduddin Owaisi का तंज हालांकि वाइको की MDMK, थोल. थिरुमावलवन की VCK और IUML जैसे क्षेत्रीय सहयोगी शायद ही इस तरह के कैंपेन का विरोध करें और TVK गठबंधन में बने रहें, लेकिन कांग्रेस, जो राहुल गांधी को आगे बढ़ाना चाहती है, उसे इस गठबंधन में बने रहने में दिक्कत हो सकती है। TVK अब तक INDIA गठबंधन में शामिल नहीं हुआ है और लोकसभा चुनावों के लिए उसकी रणनीति का भी अभी तक पता नहीं चला है। इस बात पर विपक्षी पार्टी DMK और TVK की सहयोगी कांग्रेस ने कड़ी आलोचना की है। DMK नेता RS भारती ने TVK की बातों का मज़ाक उड़ाते हुए कहा कि उनकी कल्पना की कोई सीमा नहीं है, वहीं कांग्रेस ने धमकी दी कि अगर विजय की पार्टी 2029 में राहुल गांधी का समर्थन नहीं करती है, तो वे विजय की कैबिनेट से हट जाएंगे। कांग्रेस नेता मणिकम टैगोर ने विजय का नाम लिए बिना या सीधे तौर पर PM पसंद वाले सर्वे का ज़िक्र किए बिना कहा कि हर आंकड़ा सच नहीं बताता। हर सर्वे लोगों की आवाज़ नहीं होता। इसे भी पढ़ें: निकाय चुनाव जीतने के लिए केवल परिसीमन पर निर्भर है भाजपा: टीकाराम जूली 28 अगस्त को जारी हुए ताज़ा सर्वे में विजय, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और कांग्रेस नेता राहुल गांधी के बाद तीसरे स्थान पर रहे। इस बात को और मज़बूत करते हुए, उच्च शिक्षा मंत्री पी. विश्वनाथन ने रविवार को कहा कि कांग्रेस नेता राहुल गांधी ही पार्टी के प्रधानमंत्री पद के उम्मीदवार होंगे। जब TVK की कोशिशों के बारे में पूछा गया, तो DMK सचिव भारती ने कहा कि अगर पार्टी के सदस्य बोलेंगे, तो वे यह भी कह देंगे कि वह संयुक्त राष्ट्र के प्रमुख बनने वाले हैं। कल्पना, बस कल्पना; उनकी कल्पना की कोई सीमा नहीं है। उन्हें जो सोचना है, सोचने दें। देशभर की राजनीति, ताज़ा घटनाओं और बड़ी खबरों से जुड़े रहने के लिए पढ़ें National News in Hindi केवल प्रभासाक्षी पर।
सिंगर अंकित की स्कॉर्पियो में जीपीएस लगाकर शूटरों ने ट्रेस की थी लोकेशन
हरियाणा के सीमा से लगे उत्तर प्रदेश के जिला शामली में 26 अगस्त की शाम को हुए सिंगर अंकित बालियान हत्याकांड की जांच में सबसे अहम सुराग बना अंकित की स्कॉर्पियो में लगाया गया बताया जा रहा जीपीएस उपकरण। पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि इस उपकरण को किसने उपलब्ध कराया, इसे गाड़ी में किसने लगाया और इससे मिलने वाली लोकेशन किस व्यक्ति या नेटवर्क तक पहुंच रही थी?
भारत-बांग्लादेश सीमा पर बीएसएफ (BSF) ने सोने की तस्करी के खिलाफ एक अब तक की सबसे बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया है। पश्चिम बंगाल के नादिया जिले में सीमा सुरक्षा बल की 32वीं बटालियन के जवानों ने गुप्त सूचना के आधार पर एक संदिग्ध महिला को हिरासत में लेकर उसके पास से 15 किलो 607 ग्राम सोना बरामद किया है। ज़ब्त किए गए सोने की अनुमानित बाजार कीमत 24 करोड़ 95 लाख 56 हज़ार रुपये आंकी गई है। बॉर्डर इलाके में हाल के दिनों में हुई यह सबसे बड़ी ज़ब्तियों में से एक मानी जा रही है। इसे भी पढ़ें: मक्का संयुक्त रक्षा समझौते में शामिल होने से अन्य देशों से रिश्ते नहीं होंगे प्रभावित: बांग्लादेश यह ज़ब्ती नादिया के बनपुर बॉर्डर इलाके में हुई, जब BSF की 32वीं बटालियन के जवानों ने एक गुप्त सूचना के आधार पर इलाके में ऑपरेशन चलाया। BSF सूत्रों के मुताबिक, जवानों ने काफी समय तक नज़र रखी और फिर महिला को संदिग्ध हालत में घूमते हुए देखा। उसे हिरासत में लेकर तलाशी ली गई, जिससे उसके पास से सोना बरामद हुआ। BSF ने ज़ब्त किए गए सोने की बाज़ार कीमत 24 करोड़ 95 लाख 56 हज़ार रुपये आंकी है, जो बॉर्डर पर हुई बड़ी ज़ब्तियों में से एक है। अब BSF अधिकारी महिला से पूछताछ कर रहे हैं और जांचकर्ता यह पता लगाने की कोशिश कर रहे हैं कि सोना बॉर्डर तक कैसे पहुँचा और इसे किसे सौंपा जाना था। पूछताछ में उन अन्य लोगों की पहचान करने पर भी ध्यान दिया जा रहा है जो इस ऑपरेशन में शामिल हो सकते हैं, साथ ही सोने का स्रोत और उसे कहाँ पहुँचाया जाना था, इस पर भी जानकारी जुटाई जा रही है। जांचकर्ता यह पता लगाने की कोशिश कर रहे हैं कि क्या यह ज़ब्ती भारत-बांग्लादेश बॉर्डर पर चल रहे किसी बड़े तस्करी नेटवर्क से जुड़ी है। बरामदगी के बड़े पैमाने को देखते हुए BSF इसे किसी एक घटना के बजाय एक बड़े रैकेट की संभावना के तौर पर देख रही है। इसे भी पढ़ें: Samantha Ruth Prabhu को फैंस से मिल रहे बेबी नेम्स के सुझाव, 'समराज' नाम सुनकर एक्ट्रेस ने दिया मजेदार रिएक्शन इस बीच, BSF ने तस्करी की और कोशिशों को रोकने के लिए बॉर्डर पर निगरानी बढ़ा दी है। आरोपी महिला को बाद में आगे की जांच और कानूनी कार्रवाई के लिए कृष्णगंज पुलिस को सौंप दिया जाएगा। Read LatestNational News in Hindi only on Prabhasakshi
देहरादून जिम मालिक मोहम्मद दीपक को सुप्रीम कोर्ट से राहत, FIR पर स्टे
सुप्रीम कोर्ट ने देहरादून के जिम मालिक मोहम्मद दीपक के खिलाफ दर्ज FIR पर अंतरिम रोक लगा दी है. कोर्ट ने उनकी याचिका पर नोटिस जारी किया है. साथ ही हाईकोर्ट के उस आदेश पर भी रोक लगाई है, जिसमें उन्हें मामले से जुड़े सोशल मीडिया पोस्ट करने से रोका गया था.
नेपाल में 900 से ज्यादा मौतें, तिब्बत में सिर्फ 15; चीन सेंसरशिप से क्या छुपाना चाहता है ?
हिमालयी क्षेत्र में एक विशाल ग्लेशियर के टूटने से नेपाल और तिब्बत की सीमा पर आई भीषण बाढ़ के बाद अब त्रासदी का दायरा धीरे-धीरे स्पष्ट हो रहा है। आधिकारिक आंकड़ों के मुताबिक, इस प्रलयकारी बाढ़ में नेपाल की तरफ शुक्रवार तक 900 के ज्यादा लोगों की मौत की पुष्टि हो चुकी है, जबकि 4000 […] यह लेख नेपाल में 900 से ज्यादा मौतें, तिब्बत में सिर्फ 15; चीन सेंसरशिप से क्या छुपाना चाहता है ? सर्वप्रथम tfipost.in पर प्रकाशित हुआ है
नेपाल की तबाही में छिपा दूसरा संकट: 933 हाइड्रो कर्मचारी लापता, सुरंगें बनीं ‘मौत का जाल’
नेपाल की 26 अगस्त की हिमालयी तबाही अब 903 मौतों और 4,247 लापता लोगों की त्रासदी बन चुकी है। लेकिन इस आपदा की सबसे भयावह तस्वीर उन आंकड़ों के भीतर छिपी है, जिनमें 933 लोग ऐसे हैं जो जलविद्युत परियोजनाओं से जुड़े थे और अब तक संपर्क में नहीं हैं। बाढ़ ने भोटेकोशी और त्रिशूली नदी गलियारों में कई जलविद्युत परियोजनाओं को सीधे प्रभावित किया।
'महिलाएं घर में ही रहें, बाहर निकलने पर होगी तबाही', केरलम में ग्रैंड मुफ्ती अबू बकर का विवादित बयान
ग्रैंड मुफ्ती शेख अबू बकर अहमद ने कोच्चि में महिलाओं को लेकर विवादित बयान दिया है, जिसमें उन्होंने कहा कि महिलाओं को घरों तक ही सीमित रहना चाहिए क्योंकि सार्वजनिक क्षेत्र में उनकी उपस्थिति से भारी विनाश हो सकता है।
होर्मुज में बारूद से टकराया सुपरटैंकर, लगी भीषण आग... ईरान का दावा
होर्मुज स्ट्रेट में एक सुपरटैंकर के दो नौसैनिक माइंस से टकराने का दावा ईरान के रिवोल्यूशनरी गार्ड ने किया है. IRGC के मुताबिक, टक्कर के बाद जहाज में भीषण आग लग गई और उसे पूरी तरह रोकना पड़ा. इसी माइंस के खतरे को देखते हुए अमेरिका ने ईरान के लारक आईलैंड पर हमला किया था.
आइएमडी ने 31 अगस्त को यूपी-बिहार समेत 18 राज्यों में भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है। 60 किमी तक तेज हवाएं चल सकती हैं, जबकि पहाड़ी राज्यों में भूस्खलन का खतरा है।
SBI वाले दिनेश खारा को HDFC बैंक की जिम्मेदारी? बनेंगे MD और CEO
HDFC Bank में स्टेट बैंक ऑफ इंडिया के पूर्व चेयरमैन दिनेश खारा की एंट्री होने जा रही, शशिधर जगदीशन के उत्तराधिकारी के रूप में उनके नाम की चर्चाएं तेज हैं.
भारत के मुख्य न्यायाधीश (CJI) सूर्य कांत ने दुनिया भर में हो रही मनी लॉन्ड्रिंग के बहुत बड़े पैमाने पर बात करते हुए कहा कि एक साल में दुनिया भर में इधर-उधर की गई गैर-कानूनी दौलत से सैद्धांतिक रूप से दुनिया के 8 अरब लोगों में से हर एक के लिए एक साधारण लैपटॉप खरीदा जा सकता है, जबकि इसमें से 1 प्रतिशत से भी कम रकम कभी वापस मिल पाती है। शनिवार को कैम्ब्रिज में आर्थिक अपराध पर 43वें इंटरनेशनल सिम्पोजियम के समापन सत्र को संबोधित करते हुए, CJI ने कहा कि आर्थिक अपराध के खिलाफ वैश्विक लड़ाई का फोकस आपराधिक गतिविधियों से मिली रकम का पता लगाने, उसे फ्रीज करने और उसे वापस पाने पर होना चाहिए। जस्टिस सूर्यकांत ने कहा कि अगर मनी लॉन्ड्रिंग के बारे में दुनिया भर के अनुमान मोटे तौर पर भी सही हैं, तो दुनिया एक साल में इतना पैसा लॉन्डर करती है कि उससे आज धरती पर मौजूद सभी आठ अरब लोगों के लिए एक साधारण लैपटॉप खरीदा जा सकता है, और फिर भी खजाने में कुछ पैसे बच जाएंगे। इसके बाद उन्होंने अपराध के पैमाने और असल में बरामद हुए पैसे के बीच के बड़े अंतर पर ज़ोर दिया। इसे भी पढ़ें: Latur में CA गिरफ्तार: 16 फर्जी कंपनियों से विदेश भेजे सैकड़ों करोड़ रुपये उन्होंने कहा कि उस बेहिसाब गैर-कानूनी दौलत में से, सबसे उदार अनुमान के मुताबिक भी, सौ में से एक हिस्सा भी कभी वापस नहीं मिल पाता। उस दौलत के हर सौ हिस्सों में से 99 का ज़िक्र सिर्फ़ भाषणों और रिपोर्टों में होता है, जबकि असल में सिर्फ़ एक हिस्से को ही ठीक किया जा पाता है। CJI ने कहा कि आर्थिक अपराध कोई नई बात नहीं है, बल्कि यह एक पुरानी बुराई है जो टेक्नोलॉजी और फाइनेंशियल सिस्टम के साथ-साथ बदलती और बढ़ती गई है। उन्होंने आर्थिक धोखाधड़ी के शुरुआती उदाहरण के तौर पर चौथी सदी ईसा पूर्व के यूनानी व्यापारी हेगेस्ट्रेटोस का ज़िक्र किया, जिसने कथित तौर पर बीमा का पैसा पाने के लिए अपना माल बेचने के बाद अपना जहाज़ डुबोने की योजना बनाई थी। इसे भी पढ़ें: Canada में 4 लाख छात्रों के लिए Remittance आसान करेगा भारत: Nirmala Sitharaman उन्होंने कौटिल्य के अर्थशास्त्र का भी ज़िक्र किया, जिसमें अधिकारियों द्वारा सरकारी राजस्व की हेराफेरी करने के 40 तरीकों की पहचान की गई थी और ऑडिट, मुखबिर, क्रॉस-वेरिफिकेशन और ज़ब्ती जैसे उपाय बताए गए थे। सीजेआई ने कहा अर्थशास्त्र में बताए गए चोरी के 40 तरीकों के साथ-साथ अब पता लगाने, फ्रीज़ करने और वापस लाने के चालीस बेहतर तरीकों को भी शामिल किया जाए।
नेपाल में कैसे आई इतनी भयानक बाढ़? वैज्ञानिकों की रिपोर्ट में हुआ बड़ा खुलासा
नेपाल में 26 अगस्त को भोटेकोशी और त्रिशूली नदियों में आई विनाशकारी बाढ़ में 903 लोगों की मौत हो गई जबकि करीब 4200 लोग लापता है। इस मामले में वैज्ञानिकों ने प्रारंभिक रिपोर्ट जारी की है। रिपोर्ट के मुताबिक, यह आपदा सामान्य से बेहद ज्यादा बारिश या ...
सोने के हार को डिब्बे में रखा जाता है, महिलाओं को भी घर में रहना चाहिए: ग्रैंड मुफ्ती
ग्रैंड मुफ्ती शेख अबूबक्र अहमद ने कहा है कि महिलाओं को घर में सीमित रखने की बात उन्हें छोटा दिखाने के लिए नहीं की जाती है, बल्कि उन्हें सम्मान देने और सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए की जाती है।
शामली एनकाउंटर पर सपा सांसद अवधेश प्रसाद ने उठाए सवाल!
अंकित बालियान मर्डर केस के शूटरों के एनकाउंटर पर डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक ने कहा कि पुलिस पर हमला करने वालों को सटीक जवाब मिलेगा और कानून हाथ में लेने वालों को बख्शा नहीं जाएगा. वहीं, सपा सांसद अवधेश प्रसाद ने मुठभेड़ की विश्वसनीयता पर सवाल उठाते हुए मामले की उच्चस्तरीय जांच की मांग की.
5200 मीटर ऊपर से आया बर्फ-पत्थर का सैलाब, नेपाल की तबाही पर वैज्ञानिकों की रिपोर्ट
नेपाल में आई विनाशकारी बाढ़ को लेकर वैज्ञानिकों की शुरुआती जांच ने चौंकाने वाली वजह सामने रखी है. 5,200 मीटर की ऊंचाई से बर्फ और चट्टानों का बड़ा हिस्सा टूटा, जिसने नदी के रास्ते में तबाही मचा दी.
भारत में ही बनेगी जैवलिन मिसाइल: टाटा एडवांस्ड सिस्टम्स ने किया बड़ा करार, बढ़ेगी सेना की मारक क्षमता india-us-defence-cooperation-javelin-missile-purchase-tata-MOU-for-co-production
'सत्याग्रह' के 13 साल पूरे, अमृता राव ने अमिताभ बच्चन संग काम करने को बताया सबसे खूबसूरत याद
अभिनेत्री अमृता राव ने अपनी चर्चित फिल्म 'सत्याग्रह' के 13 साल पूरे होने पर इससे जुड़ी पुरानी यादों को ताजा किया है।
मंदाकिनी का रौद्र रूप: मलबा और कीचड़ से बेहाल चित्रकूट, कई गांवों में घुसा बाढ़ का पानी
चित्रकूट में भारी बारिश के बाद मंदाकिनी नदी खतरे के निशान से ऊपर बह रही है। रामघाट समेत कई गांवों में बाढ़ और जलभराव के हालात हैं, जबकि सतना में रेलवे ट्रैक डूब गया है।
स्टेयरिंग पर कंबल, गलियारे में चादर.. दिल्ली में जिस बस में नाबालिग से हुई दरिदंगी, सामने आया VIDEO
ग्रेटर नोएडा के परी चौक से लड़की बस में सवार हुई. वहां से 47 किलोमीटर दूर कश्मीरी गेट तक उसके साथ बस में दरिंदगी हुई. पुलिस ने बस को सीज कर लिया है. दोनों आरोपी भी गिरफ्तार हो चुके हैं. अब उस बस का वीडियो सामने आया है.
'आप हाई कोर्ट जा सकते हैं', E20 से जुड़ी याचिका पर सुनवाई से SC का इनकार
सुप्रीम कोर्ट ने पेट्रोल पंपों पर इथेनॉल ब्लेंडिंग प्रतिशत प्रदर्शित करने की याचिका पर विचार करने से इनकार कर दिया है।
हल्द्वानी शुद्धिकरण: राहुल गांधी का दलित कार्ड पड़ा उल्टा, हुई FIR अब क्या ?
उत्तराखंड के हल्द्वानी में कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे की जनसभा के बाद आयोजित ‘शुद्धिकरण हवन’ को लेकर छिड़ा सियासी संग्राम अब अप्रत्याशित मोड़ ले चुका है। जिस विवाद को लेकर लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने भाजपा और आरएसएस पर दलित विरोधी मानसिकता का आरोप लगाते हुए प्रधानमंत्री से एफआईआर दर्ज कराने की मांग […] यह लेख हल्द्वानी शुद्धिकरण: राहुल गांधी का दलित कार्ड पड़ा उल्टा, हुई FIR अब क्या ? सर्वप्रथम tfipost.in पर प्रकाशित हुआ है
फिल्म 'लज्जा' ने पूरे किए 25 साल, जैकी श्रॉफ ने शेयर किया खास वीडियो
सिनेमा समाज का एक आईना होता है, जो अपनी कहानियों के जरिए उन आवाजों और सच को सामने लाता है
'हर 100 रुपये के मनी लॉन्ड्रिंग में सिर्फ 1 रुपया बरामद', कैम्ब्रिज में बोले CJI सूर्यकांत
CJI ने कहा कि इन आंकड़ों का उद्देश्य किसी प्रतिष्ठित अंतरराष्ट्रीय मंच को असहज करना नहीं, बल्कि यह बताना है कि आर्थिक अपराध से निपटने के लिए दुनिया भर के विशेषज्ञ और संस्थाएं एक साथ क्यों जुटी हैं.
'ये मुस्लिम फैमिली का मैटर है...', इस्लामिक NATO में बांग्लादेश की एंट्री फाइनल?
बांग्लादेश ने सऊदी अरब, तुर्की और पाकिस्तान के बीच हुए मक्का जॉइंट डिफेंस एग्रीमेंट में शामिल होने को लेकर सकारात्मक रुख दिखाया है. ढाका का कहना है कि इस समझौते में शामिल होने से दूसरे देशों के साथ उसके रिश्ते प्रभावित नहीं होंगे.
नेपाल में बाढ़ से भारी तबाही, 903 लोगों की मौत की पुष्टि; 4,247 लापता, अभी भी जांच जारी
नेपाल में आई भीषण बाढ़ से हालात लगातार गंभीर बने हुए हैं। राष्ट्रीय आपदा प्राधिकरण की ताजा जानकारी के मुताबिक, बाढ़ में अब तक 903 लोगों की मौत की पुष्टि हो चुकी है, जबकि 4,247 लोग अभी भी लापता बताए जा रहे हैं। राहत और बचाव अभियान लगातार जारी है। अब तक 10 हजार से […] यह लेख नेपाल में बाढ़ से भारी तबाही, 903 लोगों की मौत की पुष्टि; 4,247 लापता, अभी भी जांच जारी सर्वप्रथम tfipost.in पर प्रकाशित हुआ है
5267 एपिसोड का सीरियल, जिसमें 17 साल से खूब धूमधाम से मनाया जाता है तीज, इस गाने का होता है इस्तेमाल
31 अगस्त को कजरी तीज का व्रत रखा जाने वाला है. जो लोग नहीं जानते उन्हें बता दें कि कजरी तीज सुहागिन महिलाएं अपने पति की लंबी उम्र, हैप्पी मैरिड लाइफ और माता पार्वती और भोलेनाथ के आशीर्वाद के लिए मनाती हैं.
हाल ही में जारी हुए 'इंडिया टुडे-CVoter मूड ऑफ़ द नेशन' (MOTN) सर्वे के बाद तमिलनाडु की राजनीति में जुबानी जंग तेज़ हो गई है। सर्वे में तमिलगा वेत्री कज़गम (TVK) के प्रमुख और तमिलनाडु के मुख्यमंत्री जोसेफ विजय को प्रधानमंत्री पद की पसंद के रूप में तीसरे स्थान पर दिखाया गया, जिसके बाद TVK कार्यकर्ताओं ने उन्हें 2029 में पीएम बनाने का नैरेटिव आगे बढ़ाना शुरू कर दिया। अब सत्ताधारी DMK और उसकी सहयोगी कांग्रेस ने TVK के इन दावों और सर्वे के आंकड़ों पर कड़ा पलटवार किया है। इसे भी पढ़ें: Nepal-China Glacier Data Row | नेपाल ने पहले ही भांप लिया था खतरा...चीन से मांगी थी चेतावनी, डेटा में देरी से हुआ बड़ा विनाश जहां DMK नेता RS भारती ने TVK की बातों का मज़ाक उड़ाते हुए कहा कि उनकी कल्पना की कोई सीमा नहीं है, वहीं कांग्रेस नेता मणिकम टैगोर ने इस नैरेटिव पर परोक्ष रूप से निशाना साधा। तमिलनाडु के मुख्यमंत्री विजय का नाम लिए बिना या PM पसंद वाले सर्वे का सीधे ज़िक्र किए बिना, टैगोर ने कहा, हर आंकड़ा सच नहीं बताता। हर सर्वे लोगों की आवाज़ नहीं होता। 28 अगस्त को प्रकाशित नवीनतम सर्वे में विजय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और कांग्रेस नेता राहुल गांधी के बाद तीसरे स्थान पर रहे। इसे भी पढ़ें: क्या आपको भी है Fever और Cough? दिल्ली में बढ़ा स्वाइन फ्लू का खतरा, जानें बचाव के Effective Measures जब PM पद की पसंद और TVK की कोशिशों के बारे में पूछा गया, तो DMK सचिव भारती ने कहा, अगर पार्टी के सदस्य बोलेंगे, तो वे यह भी कह देंगे कि वह संयुक्त राष्ट्र के प्रमुख बनने वाले हैं। कल्पना, कल्पना, उनकी कल्पना की कोई सीमा नहीं है। उन्हें जो सोचना है, सोचने दें। उन्होंने विजय को प्रधानमंत्री के तौर पर पेश करने के निहितार्थों पर भी सवाल उठाया, जबकि राहुल गांधी कांग्रेस के प्रधानमंत्री पद के चेहरे बने हुए हैं। कांग्रेस और TVK तमिलनाडु में सत्ता में सहयोगी हैं। उन्होंने कहा, जिस पल कोई कहता है कि वह प्रधानमंत्री बनेंगे, तो उन्होंने पहले ही तय कर लिया है कि राहुल गांधी प्रधानमंत्री नहीं बनेंगे, है ना? भारती ने आगे कहा, अगर कांग्रेस कार्यकर्ताओं में थोड़ी भी आत्म-सम्मान की भावना है, तो वे सामने आकर कहें कि उन्होंने तय कर लिया है कि राहुल गांधी प्रधानमंत्री नहीं बनेंगे। नहीं, नहीं, वही प्रधानमंत्री बनेंगे, और ये लोग उनकी पूजा करते रहें। इस बीच, कांग्रेस सांसद मणिकम टैगोर ने विजय या TVK का सीधे नाम लिए बिना सर्वे पर निशाना साधा। X पर लोमड़ी का नकली पोल शीर्षक से एक तमिल पोस्ट शेयर करते हुए, टैगोर ने एक कहानी सुनाई जिसमें एक लोमड़ी जानवरों के बीच एक तथाकथित सर्वे करती है और उसके नतीजों का इस्तेमाल शेर और हाथी के बीच अविश्वास पैदा करने के लिए करती है। इस कहानी में सर्वे के तरीके पर सवाल उठाए गए हैं—जैसे कितने जानवरों से पूछा गया, सर्वे कहाँ हुआ, लोमड़ी ने किससे बात की, क्या सवाल पूछे गए और नतीजे कैसे निकाले गए। इसके बाद टैगोर ने लिखा, हर आँकड़ा सच नहीं बताता। हर सर्वे लोगों की आवाज़ नहीं होता। टैगोर की पोस्ट #MOTN हैशटैग के साथ खत्म हुई, जिससे उनका मकसद साफ़ हो गया, भले ही उन्होंने पोस्ट में सीधे तौर पर विजय या TVK का ज़िक्र नहीं किया था। सर्वे के आंकड़े और '2029 विजय फॉर PM' का नैरेटिव 28 अगस्त को प्रकाशित सर्वे में सीएम विजय को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और कांग्रेस नेता राहुल गांधी के बाद तीसरी सबसे बड़ी पसंद बताया गया था। तमिलनाडु में द्रविड़ राजनीति के स्थापित दिग्गजों को हराकर सत्ता में आए विजय के 100 दिन पूरे होने पर थूथुकुडी सहित राज्य के कई इलाकों में 2029 में विजय को प्रधानमंत्री बनाएं के पोस्टर भी लगाए गए थे। हालांकि, DMK और कांग्रेस के कड़े बयानों ने साफ कर दिया है कि राज्य की मौजूदा गठबंधन सरकार इस राष्ट्रीय महत्वाकांक्षा को हल्के में लेने के मूड में बिल्कुल नहीं है। Read LatestNational News in Hindi only on Prabhasakshi
सचिन की मां का बर्थडे, सानिया-सारा, अर्जुन ने मिलकर लुटाया प्यार
सचिन तेंदुलकर की मां रजनी तेंदुलकर का जन्मदिन परिवार ने बेहद खास अंदाज में मनाया. इस मौके पर सारा तेंदुलकर, अर्जुन तेंदुलकर और सानिया चंडोक समेत परिवार के लोग मौजूद रहे. सचिन ने मां के जन्मदिन की भावुक झलकियां शेयर कर उनके प्रति अपना प्यार जाहिर किया.
100 ऑडिशन में हुए फेल, फिर यूट्यूब से की खूब कमाई, अर्चना पूरन सिंह के बेटों ने खरीदा घर
जिस आर्यमन को कभी ऑडिशन में लगातार रिजेक्शन झेलना पड़ा, वही आज अपनी मेहनत और यूट्यूब की कमाई से घर खरीदने जा रहा है. ‘आरी व्लॉग’ से मिली कमाई से वह अपनी मां अर्चना पूरन सिंह का सपना पूरा करेंगे.
'तस्वीर लिए मेरे पिता को कहीं देखा', पिता की तलाश में यूपी पहुंचा बेटा
'तस्वीर लिए मेरे पिता को कहीं देखा', पिता की तलाश में यूपी पहुंचा बेटा
SCO Summit 2026:
सोनम वांगचुक का दावा- CJP के संस्थापकों में राजनीतिक महत्वाकांक्षा, बोले- इसमें कुछ गलत नहीं
सोनम वांगचुक ने कहा कि उन्होंने CJP के संस्थापकों को करीब से देखा है और अपने अनुभव के आधार पर उन्हें लगता है कि उनकी राजनीतिक महत्वाकांक्षाएं हैं। हालांकि, उन्होंने यह भी साफ किया कि इसमें उन्हें कुछ गलत नजर नहीं आता।
Google में नौकरी पाने का ये है तरीका, फ्रेशर्स की सैलरी जानकर चौंक जाएंगे!
क्या आप भी गूगल में पाना चाहते हैं नौकरी? तो इसके लिए आपको बहुत मेहनत करनी पड़ेगी. दुनिया की सबसे बड़ी टेक कंपनी गूगल में नौकरी करने का सपना हर युवक का होता है, जो टेक क्षेत्र से जुड़े हुए हैं.ऐसे में कई बार युवाओं को सफलता मिलती है, तो कई बार उन्हें समझ नहीं आता है कि कैसे इन पदों पर आवेदन करना है. चलिए जान लेते हैं कि गूगल में कैसे आवेदन करते हैं?
KBC: झाड़ू-पोंछा करती हैं मां, मजदूर के संघर्ष सुन भावुक हुए अमिताभ
Kaun Banega Crorepati 18: अमिताभ बच्चन के शो में कंटेस्टेंट विशाल की दर्दभरी दास्तां और संघर्ष सुनकर वहां मौजूद हर किसी की आंखें नम हो गईं. सोशल मीडिया पर लोग विशाल की हिम्मत और हौसले की तारीफ कर रहे हैं.
दूध उत्पादकों से अब 3 रुपये लीटर महंगा दूध खरीदेगी विजय सरकार, CM का ऐलान
तमिलनाडु सरकार अब प्रति लीटर दूध की खरीद पर दूध उत्पादकों को अधिक धनराशि का भुगतान करेगी. मुख्यमंत्री विजय ने इस बात की घोषणा की है.
लखनऊ में आज सपा-बीजेपी और बसपा तीनों की बड़ी बैठक, जानिए प्लान
लखनऊ में सोमवार को बीजेपी, सपा और बसपा की बड़ी बैठकों के साथ उत्तर प्रदेश में 2027 के विधानसभा चुनाव की सरगर्मियां तेज हो गई हैं. सत्ता पर वर्चस्व कायम रखने के लिए बीजेपी बूथ स्तर की किलेबंदी में जुटी है, तो वहीं सपा और बसपा अपने-अपने सांगठनिक समीकरणों को साधकर सियासी वनवास खत्म करने का रोडमैप तैयार कर रही हैं.
नेपाल आपदा के बाद भारत ने हिमालय पर निगरानी बढ़ाई
नेपाल-तिब्बत सीमा पर ग्लेशियर धंसने से आई विनाशकारी बाढ़ के बाद भारत ने उत्तराखंड समेत हिमालयी क्षेत्रों में ग्लेशियरों और हिमनदीय झीलों की निगरानी बढ़ाने का फैसला किया है।
दिल्ली में 47 लाख, महाराष्ट्र में 2.07 करोड़ नाम बाहर, आज SIR ड्राफ्ट जारी
SIR के तहत दिल्ली में करीब 47.7 लाख और महाराष्ट्र में 2.07 करोड़ मतदाताओं के नाम ड्राफ्ट रोल में नहीं होंगे. योग्य मतदाताओं को 30 सितंबर तक दावा-आपत्ति का मौका मिलेगा.
गाजियाबाद की बबीता शर्मा की मेहनत के मुरीद हुए PM मोदी, ‘मन की बात’ से बढ़ाया हौसला
अपनी मेहनत और लगन से रोजगार शुरू करने वाली गाजियाबाद की पथ विक्रेता बबीता शर्मा के पीएम मोदी भी मुरीद हो गए हैं। उन्होंने रविवार को मन की बात कार्यक्रम में इसका जिक्र कर बताया कि कैसे बबीता कड़ा संघर्ष कर औरों के लिए मिसाल बन गई हैं।
पश्चिम एशिया में संकट के बीच नौसेना प्रमुख एडमिरल कृष्णा स्वामीनाथन ने सोमवार को कहा कि यह महत्वपूर्ण रणनीतिक बदलाव का दौर है, जिसमें समुद्री क्षेत्र तेजी से प्रतिस्पर्धी होता जा रहा है। एडमिरल स्वामीनाथन ने गहरे समुद्र में जाने में सक्षम पोत ‘आईएनएस निपुण’ को मुंबई में भारतीय नौसेना में शामिल किए जाने के बाद कहा कि खतरों को लेकर धारणा लगातार बदल रही है और वे नयी चुनौतियों और जटिलताओं के रूप में सामने आ रही हैं। यह जहाज समुद्र में 300 मीटर की गहराई तक जाने की क्षमता रखता है। इसे भी पढ़ें: समुद्र में 300 मीटर गहराई तक जाकर पनडुब्बियों को राहत देगा Indian Navy का INS Nipun इसमें पनडुब्बियों को तुरंत राहत प्रदान करने की भी क्षमता है। इसके अलावा इसे आपदा राहत और मानवीय सहायता अभियानों के लिए भी तैनात किया जा सकता है। एडमिरल स्वामीनाथन ने कहा, ‘‘आज हम महत्वपूर्ण रणनीतिक बदलाव के दौर से गुजर रहे हैं; समुद्री क्षेत्र लगातार अधिक प्रतिस्पर्धी और चुनौतीपूर्ण होता जा रहा है।
धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा पूरी सफलता नहीं, आखिर नए शिक्षा मंत्री से क्यों मायूस हैं सोनम वांगचुक?
केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा हो चुका है। नए मंत्री ने पद भी संभाल लिया है। लेकिन, इन सब बातों से भूख हड़ताल करने वाले सोनम वांगचुक बहुत खुश नजर नहीं आ रहे हैं। आखिर उनकी मायूसी की क्या वजह है?
Nepal Flood Update: इस घर की बालकनी में फंसे तीनों लोगों क्या हुआ?
नेपाल बाढ़ के बीच एक हरे रंग के मकान का वीडियो वायरल हो रहा है। उस मकान की बालकनी में 3 लोग फंसे हुए थे। आखिर क्या हुआ उन तीनों का देखिए इस रिपोर्ट में
मलबा, कीचड़ और उफान पर मंदाकिनी नदी, बाढ़ में डूबे चित्रकूट के कई गांव!
मध्य प्रदेश के चित्रकूट में बाढ़ से हाल बेहाल है. यहां मंदाकिनी नदी खतरे के निशान से ऊपर बह रही है. रामघाट समेत 12 गांव बाढ़ से बुरी तरह प्रभावित हुए हैं.
दिल्ली के बवाना में 3 साल की बच्ची से गलत हरकत का आरोप, स्कूल का टैक्सी ड्राइवर गिरफ्तार
दिल्ली के बवाना इलाके में एक निजी स्कूल की तीन साल की छात्रा के साथ कथित तौर पर गलत हरकत का मामला सामने आया है। मामले में पुलिस ने स्कूल के लिए टैक्सी चलाने वाले विकास नाम के आरोपी को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने उसके खिलाफ POCSO एक्ट की संबंधित धाराओं में मामला दर्ज […] यह लेख दिल्ली के बवाना में 3 साल की बच्ची से गलत हरकत का आरोप, स्कूल का टैक्सी ड्राइवर गिरफ्तार सर्वप्रथम tfipost.in पर प्रकाशित हुआ है
नेपाल की बाढ़ में जब सब बहा, फिर भी कैसे बचा ये घर, खुला राज!
नेपाल की विनाशकारी फ्लैश फ्लड में चारों तरफ तबाही का मंजर था, लेकिन इसी बीच एक घर और उसमें मौजूद लोगों का सुरक्षित बच जाना हैरान करने वाला रहा. आखिर ऐसा क्यों हुआ? अब इससे जुड़ा एक वीडियो वायरल हो रहा है, जिसमें इस घर के बचने की वजह को समझाने की कोशिश की गई है.
AIMIM अध्यक्ष और हैदराबाद से सांसद असदुद्दीन ओवैसी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को उज़्बेकिस्तान से मिले सर्वोच्च राजकीय सम्मान को लेकर भारतीय जनता पार्टी (BJP) और संघ परिवार पर बड़ा राजनीतिक हमला बोला है। ओवैसी ने कहा कि प्रधानमंत्री को उसी धरती से सम्मान मिला है, जहाँ से मुगल सम्राट बाबर भारत आया था। उन्होंने सवाल उठाया कि अब बीजेपी विपक्ष पर निशाना साधने के लिए बाबर के नाम का इस्तेमाल कैसे करेगी। उज़्बेकिस्तान के सर्वोच्च राजकीय सम्मान 'ओली दराजली दोस्तलिक' (Oliy Darajali Do'stlik) से सम्मानित होने पर प्रतिक्रिया देते हुए ओवैसी ने बीजेपी और RSS को आत्ममंथन करने की सलाह दी। इसे भी पढ़ें: हरियाणवी सिंगर अंकित बालियान मर्डर केस: शामली में UP पुलिस और STF का बड़ा एक्शन, एनकाउंटर में ढेर हुए दो मुख्य आरोपी उज़्बेकिस्तान के सर्वोच्च राजकीय सम्मान 'ओली दराजली दोस्तलिक' (Oliy Darajali Dustlik) से PM मोदी को सम्मानित किए जाने पर प्रतिक्रिया देते हुए हैदराबाद के सांसद ने कहा, मैं BJP को बधाई देता हूँ; जिस देश से बाबर भारत आया था, उसी देश ने प्रधानमंत्री को पुरस्कार दिया है। ओवैसी ने बताया कि बाबर मौजूदा उज़्बेकिस्तान की फरगना घाटी का रहने वाला था और कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के लिए अपनी विदेश यात्राओं के दौरान सम्मान पाना एक आम बात हो गई है। ओवैसी ने कहा, आजकल प्रधानमंत्री जहाँ भी जाते हैं, वहाँ से पुरस्कार लेकर ही लौटते हैं। बधाई हो। AIMIM प्रमुख ने राजनीतिक चर्चाओं में बाबर का ज़िक्र किए जाने को लेकर BJP और व्यापक संघ परिवार पर भी निशाना साधा। सांसद ने आगे कहा, आप बाबर के नाम पर इतनी बुराई करते थे, फिर भी उसी देश के लोग अब आपको पुरस्कार से सम्मानित कर रहे हैं। इसे भी पढ़ें: Prabhasakshi NewsRoom: Ankit Baliyan Murder Case में बड़ा एक्शन, Gogi Gang के दो शूटर Police Encounter में ढेर, पीड़ित परिवार ने जताया CM Yogi का आभार ओवैसी ने कहा कि इस घटनाक्रम से RSS और उसके समर्थकों को आत्म-मंथन करना चाहिए। उन्होंने पूछा, संघ को इस पर विचार करने की ज़रूरत है। आप बाबर का नाम लेकर हमें बुरा-भला कहते थे। और अब आपको उसी जगह से नागरिक सम्मान दिया गया है जहाँ से बाबर आया था। हमें उम्मीद है कि संघ परिवार के लोग और RSS का समर्थन करने वाले लोग अब बाबर का नाम इस तरह नहीं लेंगे, क्योंकि फरगना घाटी उज़्बेकिस्तान में ही है। अब वे क्या कहेंगे? मध्य एशियाई देश की अपनी यात्रा के दौरान रविवार को PM मोदी को विदेशी नेताओं के लिए उज़्बेकिस्तान के सर्वोच्च सम्मान 'ओली दराजली दोस्तलिक' (Oliy Darajali Do'stlik) से सम्मानित किया गया। यह सम्मान भारत और उज़्बेकिस्तान के बीच रणनीतिक साझेदारी और दोस्ती को मज़बूत करने में उनके योगदान को मान्यता देता है। ओली दराजली दोस्तलिक सम्मान पाकर सम्मानित महसूस कर रहा हूँ। मोदी ने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट में कहा, मैं इसे भारत और उज़्बेकिस्तान के बीच मज़बूत रिश्ते को समर्पित करता हूँ। उज़्बेकिस्तान का यह सम्मान उन कई बड़े सरकारी और नागरिक सम्मानों की सूची में एक और नाम है जो प्रधानमंत्री मोदी को लगभग तीन दर्जन देशों ने उनकी लीडरशिप और आपसी संबंधों को मज़बूत करने में उनके योगदान के लिए दिए हैं। जुलाई में, इंडोनेशिया ने दोनों देशों के बीच संबंधों को मज़बूत करने में उनके योगदान के लिए प्रधानमंत्री मोदी को अपने सर्वोच्च नागरिक सम्मान, 'बिंटांग आदिपूर्णा' (Bintang Adipurna) से सम्मानित किया। जून में, सेशेल्स ने पर्यावरण संरक्षण और टिकाऊ विकास में उनकी लीडरशिप को देखते हुए प्रधानमंत्री को अपने सर्वोच्च राष्ट्रीय सम्मान, 'गार्जियन ऑफ़ द ब्लू होराइज़न' (Guardian of the Blue Horizon) से सम्मानित किया। इस साल की शुरुआत में, इज़राइल ने प्रधानमंत्री मोदी को 'मेडल ऑफ़ द नेसेट' (Medal of the Knesset) से सम्मानित किया, और वे यह सम्मान पाने वाले पहले व्यक्ति बने। 2024 में, रूस ने भारत और रूस के बीच रणनीतिक साझेदारी को और गहरा करने में उनके योगदान के लिए उन्हें देश के सर्वोच्च राजकीय सम्मान 'ऑर्डर ऑफ़ सेंट एंड्रयू द एपोसल' (Order of St Andrew the Apostle) से सम्मानित किया। अमेरिका ने भी 2020 में भारत-अमेरिका रणनीतिक साझेदारी को मज़बूत करने में उनकी लीडरशिप को देखते हुए प्रधानमंत्री मोदी को अपने सर्वोच्च सम्मानों में से एक, 'लीजन ऑफ़ मेरिट' (Legion of Merit) से सम्मानित किया था। Read LatestNational News in Hindi only on Prabhasakshi
हरियाणवी गायक और अभिनेता अंकित बालियान हत्याकांड में उत्तर प्रदेश पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए गैंगस्टर जितेंद्र गोगी गिरोह से जुड़े दो शूटरों को मुठभेड़ में मार गिराया। सोमवार सुबह शामली के औद्योगिक क्षेत्र में हुई मुठभेड़ में 50-50 हजार रुपये के इनामी बदमाश सुमित और मोहित ढेर हो गए। दोनों सोनीपत के रहने वाले बताए गए हैं। कार्रवाई में दो पुलिसकर्मी भी घायल हुए हैं। पुलिस ने मौके से हथियार और अन्य आपत्तिजनक सामग्री बरामद की है। यह कार्रवाई ऐसे समय हुई जब पुलिस अंकित बालियान की हत्या के बाद फरार शूटरों की तलाश में लगातार दबिश दे रही थी। जांच में सामने आया कि हत्या में कुल चार शूटर शामिल थे। अंकित की हत्या के बाद सुमित और मोहित बागपत और लोनी के रास्ते सोनीपत भागने की कोशिश में थे। पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज, तकनीकी साक्ष्यों और खुफिया सूचनाओं के आधार पर उनके संभावित रास्तों की निगरानी तेज कर दी थी। आज तड़के औद्योगिक क्षेत्र में पुलिस टीम ने दोनों को घेर लिया। पुलिस के मुताबिक, बदमाशों ने फायरिंग शुरू कर दी, जिसके बाद जवाबी कार्रवाई में दोनों घायल हुए और अस्पताल में उन्हें मृत घोषित कर दिया गया। इसे भी पढ़ें: Ankit Baliyan Murder Case: Shamli प्रशासन ने परिवार से मिलकर दिया सख्त कार्रवाई का भरोसा पुलिस अधिकारियों के अनुसार दोनों बदमाश गोगी गैंग से जुड़े थे और अंकित बालियान की हत्या में उनकी भूमिका सामने आई थी। मुठभेड़ के दौरान दोनों पर 20 से अधिक गोलियां लगने की बात सामने आई है। शामली के पुलिस अधीक्षक नरेंद्र प्रताप सिंह ने भी पुष्टि की है कि दोनों अंकित हत्याकांड से जुड़े गिरोह का हिस्सा थे। अब पुलिस की नजर बाकी दो शूटरों सत्यम और आर्यन पर है। उनकी तलाश में संभावित ठिकानों पर लगातार छापेमारी की जा रही है। हम आपको बता दें कि अंकित बालियान की हत्या ने पश्चिमी उत्तर प्रदेश और हरियाणा के बीच सक्रिय आपराधिक नेटवर्क को लेकर भी चिंता बढ़ाई थी। अंकित को शामली जिले में एक जिम के बाहर गोली मारी गई थी। हत्या के बाद सोशल मीडिया पर कथित तौर पर गोगी गैंग से जुड़ी एक पोस्ट सामने आई थी, जिसमें वारदात की जिम्मेदारी लेने का दावा किया गया था। पोस्ट में आरोप लगाया गया था कि अंकित ने गैंगस्टर जितेंद्र गोगी की रोहिणी कोर्ट में हुई हत्या की थीम से मिलता-जुलता गीत बनाया था। हालांकि इन दावों की जांच पुलिस कर रही है। उधर, दो शूटरों के मारे जाने के बाद अंकित का परिवार भी पुलिस कार्रवाई से राहत महसूस कर रहा है। अंकित की पत्नी स्वाति ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और पुलिस का आभार जताते हुए कहा कि अब तक की कार्रवाई से परिवार को कुछ संतोष मिला है और सरकार ने मामले को गंभीरता से लिया है। हालांकि उन्होंने साफ किया कि न्याय की लड़ाई अभी पूरी नहीं हुई है, क्योंकि कुछ आरोपी अब भी फरार हैं। उन्होंने मुख्यमंत्री से मामले में कार्रवाई की रफ्तार बनाए रखने के साथ परिवार की आर्थिक मुश्किलों को समझने और हरसंभव सहायता देने की अपील की। अंकित के पिता सतबीर बालियान ने भी मुख्यमंत्री और पुलिस को धन्यवाद देते हुए कहा कि उनकी सबसे बड़ी इच्छा है कि इस पूरे गैंग को जड़ से खत्म किया जाए। वहीं अंकित की मां ने भावुक अपील करते हुए कहा कि उनका बेटा परिवार का इकलौता कमाने वाला और सहारा था। उन्होंने फरार आरोपियों को गिरफ्तार कर बेटे को पूरा न्याय दिलाने की मांग की। अंकित की बहन रीना ने भी कहा कि जब तक हत्या में शामिल सभी लोगों को कानून के शिकंजे में नहीं लाया जाता, परिवार को पूरी संतुष्टि नहीं मिलेगी। उन्होंने वृद्ध माता-पिता के लिए सहायता और अंकित के नाम पर रोजगार उपलब्ध कराने की मांग की। साथ ही उन्होंने अंकित की स्मृति में स्टेडियम बनाने और उनकी प्रतिमा स्थापित करने की भी अपील की। देखा जाये तो शामली की यह कार्रवाई योगी सरकार की उस नीति को रेखांकित करती है जिसमें संगठित अपराध और अपराधियों के खिलाफ पुलिस को सख्त कार्रवाई के लिए स्पष्ट संदेश दिया गया है। पश्चिमी उत्तर प्रदेश में लंबे समय तक अपराध और गैंगवार की चुनौती रही है, लेकिन लगातार हो रही पुलिस कार्रवाई ने अपराधी गिरोहों पर दबाव बढ़ाया है। अंकित बालियान मामले में तेजी से हुई कार्रवाई ने भी यही संकेत दिया है कि चर्चित या आम, किसी भी वारदात को कानून-व्यवस्था के लिए चुनौती मानकर पुलिस अपराधियों तक पहुंचने में कोई ढिलाई नहीं बरतेगी। संदेश बिल्कुल साफ है कि उत्तर प्रदेश में अपराध के लिए जगह नहीं है। कानून तोड़कर गैंग के भरोसे दहशत फैलाने वालों को या तो कानून के सामने आत्मसमर्पण करना होगा या फिर पुलिस की कार्रवाई का सामना करना होगा। अब फरार सत्यम और आर्यन की तलाश तेज है। परिवार की मांग भी यही है कि कार्रवाई तब तक न रुके, जब तक हत्या की पूरी साजिश का पर्दाफाश कर सभी जिम्मेदार लोगों को कानून के सामने नहीं लाया जाता।
शामली एनकाउंटर पर अंकित बालियान की पत्नी-बहन और मां का रिएक्शन
हरियाणवी सिंगर अंकित बालियान हत्याकांड में शामिल 50-50 हजार के दो इनामी शूटरों सुमित और मोहित को पुलिस-एसटीएफ ने मुठभेड़ में ढेर कर दिया. इस कार्रवाई पर एडीजी लॉ एंड ऑर्डर अमिताभ यश ने अपराधियों को चेतावनी दी है, वहीं पीड़ित परिवार ने सीएम योगी से शेष आरोपियों की गिरफ्तारी और सहायता की मांग की है.
'किसी कानूनी विशेषज्ञ को सुप्रीम कोर्ट का जज नहीं बनाए जाने पर अफसोस', बोले जस्टिस भुइयां
जस्टिस उज्ज्वल भुइयां ने कहा कि संविधान के अनुच्छेद 124(3) के तहत प्रतिष्ठित न्यायविदों को सुप्रीम कोर्ट का जज बनाने का प्रावधान है, लेकिन 76 सालों में इसका इस्तेमाल नहीं हुआ।
हरियाणवी सिंगर और लोकप्रिय यूट्यूबर अंकित बालियान हत्याकांड में उत्तर प्रदेश पुलिस और स्पेशल टास्क फोर्स (UP STF) को बड़ी सफलता मिली है। सोमवार तड़के शामली जिले के पास हुई एक भीषण मुठभेड़ में पुलिस ने हत्या में शामिल दो मुख्य आरोपियों को ढेर कर दिया। मारे गए बदमाशों की पहचान मोहित और सुमित के रूप में हुई है। अधिकारियों ने सोमवार को बताया कि हरियाणवी सिंगर और यूट्यूबर अंकित बालियान की हत्या में शामिल दो मुख्य आरोपियों को उत्तर प्रदेश पुलिस और स्पेशल टास्क फोर्स (UP STF) ने एनकाउंटर में मार गिराया है। उनकी पहचान मोहित और सुमित के तौर पर हुई है। इसे भी पढ़ें: Dhurandhar के डकैत से 'असुर गुरु' बने Akshaye Khanna, Prasanth Varma की Mahakali में दिखेगा रौद्र अवतार पुलिस के मुताबिक, दोनों को सुबह करीब 4 बजे नेशनल हाईवे (NH) 709AD (जिसे पानीपत-खटीमा हाईवे भी कहा जाता है) के पास मोटरसाइकिल पर देखा गया था। यह इलाका सदर कोतवाली पुलिस स्टेशन के अधिकार क्षेत्र में आता है। अधिकारियों ने बताया कि मोहित और सुमित से सरेंडर करने के लिए कहा गया, लेकिन वे भागने की कोशिश करने लगे और वहां मौजूद पुलिसकर्मियों पर गोली चला दी। जवाबी कार्रवाई में पुलिस ने खेड़ी करमू गांव के जंगल के पास फायरिंग की और दोनों को मार गिराया। इसे भी पढ़ें: Actor Chandrachud Singh ने Aligarh में दर्ज कराई FIR, रिश्तेदारों पर लगा Property Dispute में धोखाधड़ी का आरोप शामली के एसपी (SP) नरेंद्र प्रताप सिंह ने पत्रकारों को बताया, सुबह करीब 4 बजे मोटरसाइकिल पर सवार दो अपराधी पुलिस चेकपोस्ट के पास से गुज़रे। जब पुलिस ने उन्हें रोकने की कोशिश की, तो अपराधियों ने रुकने के बजाय जान से मारने की नीयत से फायरिंग कर दी। एक गोली पुलिस की गाड़ी में लगी और बदमाश भागने की कोशिश करने लगे। उन्होंने आगे कहा, पुलिस से घिरने के बाद उन्होंने बचाव की मुद्रा अपनाई और जान से मारने की नीयत से फायरिंग की। इस मुठभेड़ में हमारे दो कॉन्स्टेबल गंभीर रूप से घायल हो गए; उन्हें CHC शामली में भर्ती कराया गया और बाद में बेहतर इलाज के लिए बड़े अस्पताल रेफर कर दिया गया। जवाबी फायरिंग में दोनों बदमाश गंभीर रूप से घायल हो गए; उन्हें CHC ले जाया गया, जहां इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। 3.66 लाख से ज़्यादा सब्सक्राइबर वाले यूट्यूबर अंकित बालियान की 26 अगस्त को एक जिम के बाहर गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। उनकी हत्या से राजनीतिक विवाद खड़ा हो गया था, क्योंकि ऐसी अटकलें थीं कि वह उत्तर प्रदेश में होने वाले पंचायत चुनाव लड़ सकते हैं। समाजवादी पार्टी (SP) के अध्यक्ष अखिलेश यादव ने इस घटना को लेकर राज्य सरकार पर निशाना साधा और कहा कि उनकी हत्या से पता चलता है कि उत्तर प्रदेश में कानून-व्यवस्था पूरी तरह से चरमरा गई है। उन्होंने इसे जाट समुदाय पर हमला भी बताया। बाद में, गोगी गैंग ने हमले की ज़िम्मेदारी ली थी, लेकिन पुलिस ने कहा था कि वह पूरी जांच के बाद सभी तथ्यों का पता लगाएगी। Read LatestNational News in Hindi only on Prabhasakshi
UP News: कासगंज में पिकअप और ट्रक की भिड़ंत, अस्थि विसर्जन जा रहे एक ही परिवार के 3 लोगों की मौत
कासगंज जिले में सोमवार तड़के तीर्थयात्रियों को ले जा रहे एक वाहन की लोडर ट्रक से आमने-सामने से हुई टक्कर में तीन लोगों की मौत हो गई, जबकि महिलाओं और बच्चों समेत 23 लोग घायल हो गए। पुलिस ने यह जानकारी दी। पुलिस ने बताया कि हादसा सुबह करीब चार बजे कासगंज-सिकंदराराऊ मार्ग पर मोहनपुरा गांव के पास हुआ। राजस्थान के करौली जिले के एक ही परिवार के करीब 26 लोग पिकअप वाहन से सोरोंजी में अस्थि विसर्जन के लिए जा रहे थे। टक्कर में पिकअप वाहन बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया और तीन लोगों की मौके पर ही मौत हो गई। घायलों में आठ पुरुष, आठ महिलाएं और सात बच्चे शामिल हैं। इसे भी पढ़ें: प्रयागराज के अरैल में अनियंत्रित कार की चपेट में आने से दो लोगों की मौत, 7 घायल उन्हें जिला अस्पताल ले जाया गया, जहां से छह गंभीर घायलों को अलीगढ़ के एक उच्च चिकित्सा केंद्र रेफर किया गया। कासगंज के पुलिस अधीक्षक (एसपी) ओम प्रकाश सिंह ने बताया कि मृतक और घायल सभी एक ही परिवार के सदस्य हैं। उन्होंने कहा, परिवार अस्थि विसर्जन के लिए करौली से सोरोंजी जा रहा था। इसे भी पढ़ें: JSSC-CGL परीक्षा गड़बड़ी मामले में झारखंड सीआईडी ने गिरिडीह से एक और आरोपी को पकड़ा पिकअप में 26 लोग सवार थे, जिनमें से तीन की मौत हो गई। करीब आधा दर्जन गंभीर घायलों को अलीगढ़ रेफर किया गया है। सूचना पर पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंचे और राहत कार्य शुरू किया। क्षतिग्रस्त दोनों वाहनों को हटाकर यातायात बहाल कर दिया गया। पुलिस ने बताया कि शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है और विधिक कार्रवाई शुरू कर दी गई है। हादसे के कारणों की जांच की जा रही है।
दिल्ली 2047 में क्या बदलेगा? DDA ने हर सवाल का दिया जवाब
दिल्ली के भविष्य को लेकर तैयार किए जा रहे मास्टर प्लान-2047 को अब आम लोगों के लिए समझना आसान होगा. दिल्ली विकास प्राधिकरण (DDA) ने इस प्लान से जुड़ी नीतियों और नियमों को सरल तरीके से समझाने के लिए FAQ और फीडबैक सिस्टम शुरू किया है.
31 अगस्त को हुए कार हादसे में Princess Diana की मौत ने ब्रिटिश शाही परिवार को झकझोर दिया था
कहते हैं वक्त कभी एक सा नहीं रहता, बदल जाए तो तकदीरें बदल देता है। इसे वक्त की मार नहीं तो और क्या कहेंगे कि एक समय परिकथा सी लगने वाली ब्रिटेन की राजकुमारी डायना की जिंदगी 31 अगस्त 1997 को एक त्रासदी में बदल गई। ब्रिटेन की महारानी एलिजाबेथ द्वितीय के पुत्र राजकुमार चार्ल्स (वर्तमान में महाराजा चार्ल्स तृतीय) के साथ डायना स्पेंसर की 1981 में हुई शादी सारी दुनिया के लिए एक बड़ी खबर थी लेकिन 31 अगस्त 1997 को एक कार दुर्घटना में डायना की मौत इससे भी बड़ी खबर बनी जिसने ब्रिटेन के शाही परिवार को झकझोर कर रख दिया। 31 अगस्त 2021 की रात अमेरिका ने अपने अंतिम सैनिकों को काबुल से बाहर निकाल लिया, जिससे 11 सितंबर के हमलों के बाद शुरू हुआ दो दशकों का युद्ध समाप्त हुआ। अमेरिकी सैनिकों के जाने के बाद तालिबान ने काबुल अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर पूर्ण नियंत्रण कर लिया और इसे अपनी बड़ी जीत बताते हुए जश्न मनाया। इसके बाद अफगानिस्तान पर तालिबान का शासन शुरू हुआ। 31 अगस्त 2025 को पूर्वी अफगानिस्तान में 6.0 तीव्रता का भूकंप आया जिससे कुनार और नंगरहार प्रांतों में भारी तबाही हुई और 2,200 से अधिक लोगों की मौत हो गई, करीब 5000 लोग घायल हो गए और लगभग 8,000 घर ढह गए या पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गए। पहाड़ी इलाकों में भूस्खलन होने के कारण राहत दल का पहुँचना बहुत मुश्किल हो गया था। इसे भी पढ़ें: Love Horoscope For 31 August 2026 | आज का प्रेम राशिफल 31 अगस्त 2026 | प्रेमियों के लिए कैसा रहेगा आज का दिन देश-दुनिया के इतिहास में 31 अगस्त की तारीख में दर्ज कुछ अन्य महत्वपूर्ण घटनाएं इस प्रकार हैं:- 1881 : अमेरिका में पहली टेनिस चैंपियनशिप का आयोजन। 1919 : प्रसिद्ध कवयित्री, उपन्यासकार एवं निबंधकार अमृता प्रीतम का जन्म। 1920 : अमेरिकी शहर डेट्रॉयट में रेडियो पर पहली बार समाचारों का प्रसारण। 1957 : मलेशिया को ब्रिटेन से आजादी मिली। 1962 : कैरेबियाई देश टोबैगो एवं त्रिनिदाद ब्रिटेन से स्वतंत्र हुए। 1968 : भारत के टू-स्टेज राउंडिंग रॉकेट रोहिणी-एमएसवी 1 का सफल प्रक्षेपण। 1991 : उज्बेकिस्तान और किर्गिस्तान ने सोवियत संघ से स्वतंत्रता की घोषणा की। 1993 : रूस ने लिथुआनिया से अपने आखिरी सैनिकों को वापस बुलाया। 1995: पहली बार एमनेस्टी इंटरनेशनल ने चीन में मानवाधिकार की स्थिति पर आपत्ति दर्ज की। 1997 : ब्रिटेन की राजवधू डायना की पेरिस में कार दुर्घटना में मौत। 2005: इराक की राजधानी बगदाद में एक धार्मिक मौके पर फिदायीन हमले के भय से मची भगदड़ में 800 से ज्यादा लोग मारे गये। 2015 : आधुनिक इतिहास में पहली बार प्रशांत महासागर क्षेत्र में श्रेणी-4 के एक साथ तीन चक्रवात (किलो, इग्नासियो और जिमेना) दर्ज किए गए। 2019 : अमेरिकी सेना ने सीरिया के इदलिब प्रांत में अल-कायदा के ठिकानों को निशाना बनाकर एक बड़ा हवाई हमला किया था जिसमें अल-कायदा गुट के लगभग 40 आतंकवादी और उनके कमांडर मारे गए थे। 2020 : पूर्व राष्ट्रपति और दिग्गज राजनेता प्रणब मुखर्जी का 84 वर्ष की आयु में निधन। देश के बहुत ही दूरदर्शी और सम्मानित नेताओं में से एक मुखर्जी 2012 से 2017 तक भारत के 13वें राष्ट्रपति थे। 2021 : अमेरिका ने अपने अंतिम सैनिकों को काबुल से बाहर निकाल लिया, जिससे 11 सितंबर के हमलों के बाद शुरू हुआ दो दशकों का युद्ध समाप्त हुआ। अमेरिकी सैनिकों के जाने के बाद तालिबान ने काबुल अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर पूर्ण नियंत्रण कर लिया और इसे अपनी बड़ी जीत बताते हुए जश्न मनाया। 2023 : दक्षिण अफ्रीका के सबसे बड़े शहर जोहानिसबर्ग में एक बहुमंजिला इमारत में आग लगने से 76 लोगों की मौत हो गई और 52 अन्य झुलस गए। 2025 : पूर्वी अफगानिस्तान में 6.0 तीव्रता का भूकंप आया जिससे कुनार और नंगरहार प्रांतों में भारी तबाही हुई और 2,200 से अधिक लोगों की मौत हो गई।
समुद्र में 300 मीटर गहराई तक जाकर पनडुब्बियों को राहत देगा Indian Navy का INS Nipun
गहरे समुद्र में जाने और पनडुब्बियों को त्वरित सहायता प्रदान करने में सक्षम पोत ‘आईएनएस निपुण’ को सोमवार को मुंबई में भारतीय नौसेना में शामिल किया गया। भारतीय नौसेना में शामिल किया गया यह इस तरह का दूसरा पोत है जो गहरे समुद्र में जाने में सक्षम है। आईएनएस निपुण को नौसेना प्रमुख एडमिरल कृष्णा स्वामीनाथन की उपस्थिति में नौसेना में शामिल किया गया। ‘हिंदुस्तान शिपयार्ड लिमिटेड’ द्वारा निर्मित यह पोत 119.4 मीटर लंबा है और इसकी क्षमता 10,500 टन है। यह जहाज समुद्र में 300 मीटर की गहराई तक जाने की क्षमता रखता है। इसमें पनडुब्बियों को तुरंत राहत प्रदान करने की भी क्षमता है। इसे भी पढ़ें: हरियाणवी सिंगर अंकित बालियान मर्डर केस: शामली में UP पुलिस और STF का बड़ा एक्शन, एनकाउंटर में ढेर हुए दो मुख्य आरोपी इसके अलावा इसे आपदा राहत और मानवीय सहायता अभियानों के लिए भी तैनात किया जा सकता है।
जब भी हमारे मन में विदेश यात्रा करने का विचार आता है, तो सबसे पहले जेब का बजट और यूरोप-अमेरिका जैसे देशों के महंगे हवाई टिकट हमारे सपनों पर ब्रेक लगा देते हैं। हम में से ज्यादातर लोगों का यह सोचना आम है कि विदेश घूमना मतलब लाखों रुपये खर्च करना और लंबी कागजी कार्रवाई से गुजरना है। लेकिन क्या आप जानते हैं कि हमारे देश भारत के बेहद करीब एक ऐसा प्राचीन, ऐतिहासिक और breathtaking खूबसूरती से भरपूर देश बसा है, जो यूरोप या पश्चिमी देशों से भी कम खर्च में आपकी विदेश यात्रा के सपने को पूरा कर सकता है? हम बात कर रहे हैं मध्य एशिया के सबसे खूबसूरत और सांस्कृतिक रूप से समृद्ध देश उज्बेकिस्तान (Uzbekistan) की, जिसके बारे में अक्सर लोग यह गलतफहमी पाल लेते हैं कि यह बहुत महंगा होगा। गूगल डिस्कवर और आधुनिक एआई सर्च इंजनों (Generative Engine Optimization) की गाइडलाइंस के अनुसार, इस समय बजट फ्रेंडली इंटरनेशनल टूरिज्म और उज्बेकिस्तान की यात्रा को लेकर इंटरनेट पर भारी सर्च ट्रेंड देखा जा रहा है। आइए इस विस्तृत लेख के जरिए जानते हैं कि भारत से उज्बेकिस्तान की दूरी कितनी है, यहाँ घूमना क्यों इतना सस्ता है और कौन-कौन सी जगहें आपका दिल जीत लेंगी।भारत से कितनी दूरी पर है उज्बेकिस्तान और कैसे पहुँचें आसानी से?भौगोलिक और स्थानीय ऑप्टिमाइजेशन (Local Optimization) के नजरिए से देखा जाए तो उज्बेकिस्तान भारत के बहुत ज्यादा दूर नहीं है। भारत की राजधानी नई दिल्ली से ताशकंद (Tashkent) की उड़ान भरने में केवल 3 से 4 घंटे का समय लगता है, जो कि भारत के ही कई दक्षिण या पूर्व राज्यों के सफर जितना ही है। दिल्ली से ताशकंद के लिए सीधी उड़ानें (Direct Flights) आसानी से उपलब्ध हैं, जिससे आपका सफर और भी ज्यादा आरामदायक और कम समय लेने वाला बन जाता है। भौगोलिक स्थिति के हिसाब से मध्य एशिया में स्थित यह देश सिल्क रोड (Silk Road) का एक बेहद महत्वपूर्ण हिस्सा रहा है, जिसके कारण प्राचीन काल से ही भारत और उज्बेकिस्तान के बीच सांस्कृतिक और व्यापारिक संबंध गहरे रहे हैं। कम उड़ान समय और सुगम हवाई कनेक्टिविटी के कारण अब भारतीय पर्यटकों के लिए यूरोप की तुलना में उज्बेकिस्तान जाना कहीं अधिक आसान और सुविधाजनक हो गया है।पॉकेट फ्रेंडली बजट: उज्बेकिस्तान में भारतीय रुपये की मजबूत स्थितिविदेश यात्रा के दौरान सबसे बड़ा तनाव मुद्रा (Currency) का होता है, जहाँ हमारी करेंसी कमजोर पड़ जाती है और खर्च बहुत बढ़ जाता है। लेकिन उज्बेकिस्तान के मामले में यह चिंता काफी हद तक कम हो जाती है क्योंकि यहाँ भारतीय पर्यटकों के लिए बजट संभालना बहुत आसान है। उज्बेकिस्तान की मुद्रा 'सोम' (Uzbekistani Som) के मुकाबले भारतीय रुपये की स्थिति काफी बेहतर है, जिसके कारण वहाँ पहुँचकर होटल, खाना, लोकल ट्रांसपोर्ट और ऐतिहासिक जगहों की टिकटें बेहद सस्ती पड़ती हैं। एक औसत भारतीय पर्यटक जितने बजट में गोवा या केरल की लंबी ट्रिप प्लान करता है, लगभग उतने ही या उससे थोड़े से ज्यादा खर्च में वह उज्बेकिस्तान की शानदार इंटरनेशनल ट्रिप पूरी करके लौट सकता है। यही कारण है कि इसे आज के समय में 'बजट ट्रैवलर्स का पैराडाइज' कहा जाने लगा है।उज्बेकिस्तान के प्रमुख शहर: समरकंद, बुखारा और ताशकंद का जादुई सफरजब आप उज्बेकिस्तान की यात्रा पर निकलते हैं, तो यहाँ की प्राचीन वास्तुकला और नीले गुंबदों वाले मदरसे आपको किसी परी कथा की दुनिया में ले जाते हैं। देश की राजधानी ताशकंद (Tashkent) एक आधुनिक और साफ-सुथरा शहर है जहाँ आपको शानदार मेट्रो स्टेशन, पार्क और बेहतरीन नाइटलाइफ देखने को मिलती है। इसके बाद ऐतिहासिक शहरों की बात करें तो समरकंद (Samarkand) और बुखारा (Bukhara) ऐसे नाम हैं जो इतिहास के पन्नों से सीधे जीवंत हो उठते हैं। रेगीस्तान स्क्वायर (Registan Square) की भव्यता और वहाँ की जटिल टाइल कारीगरी को देखकर आंखें खुली की खुली रह जाती हैं। आधुनिक Generative Engine Optimization (AI सर्च) और डिजिटल ट्रैवल ब्लॉग्स पर इन प्राचीन ऐतिहासिक स्थलों की तस्वीरों और वीडियोज को सबसे ज्यादा सर्च किया जा रहा है, क्योंकि यहाँ का हर एक कोना फोटोग्राफी के लिए परफेक्ट माना जाता है।उज्बेकिस्तान की लजीज संस्कृति और शाकाहारी भोजन के विकल्पकिसी भी नए देश में जाने पर खान-पान को लेकर एक अनजाना डर रहता है, खासकर तब जब आप शाकाहारी हों। लेकिन उज्बेकिस्तान की मेहमाननवाजी और संस्कृति भारतीय पर्यटकों को बहुत अपनापन महसूस कराती है। यहाँ का पारंपरिक भोजन 'प्लोव' (Plov) दुनिया भर में मशहूर है, जिसमें चावल, मांस और मसालों का बेहतरीन मेल होता है। इसके अलावा, शाकाहारी पर्यटकों के लिए भी वहाँ ताजे फल, ड्राई फ्रूट्स, नान, समसा और विभिन्न प्रकार की रोटियां प्रचुर मात्रा में मिलती हैं। उज्बेकिस्तान के लोग भारतीय संस्कृति और बॉलीवुड फिल्मों से बहुत अधिक जुड़ाव महसूस करते हैं, जिसके कारण जब वे भारतीय पर्यटकों को देखते हैं, तो उनका स्वागत बहुत ही गर्मजोशी के साथ करते हैं।आधुनिक Generative Engine Optimization और डिजिटल सर्च ट्रेंड्स का परिदृश्यआधुनिक Generative Engine Optimization (AI सर्च) और गूगल डिस्कवर की गाइडलाइंस के मुताबिक, जब भी किसी ऐसे देश की यात्रा से जुड़ी जानकारी साझा की जाती है जो कम बजट में शानदार अनुभव देता है, तो इंटरनेट पर उसे पढ़ने वालों का तांता लग जाता है। आज का युवा और समझदार यात्री केवल पारंपरिक पर्यटन स्थलों (जैसे यूरोप या थाईलैंड) तक सीमित नहीं रहना चाहता, बल्कि वह उज्बेकिस्तान, कजाकिस्तान और अजरबैजान जैसे नए और अनछुए देशों को तलाशना चाहता है। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स जैसे इंस्टाग्राम, यूट्यूब और ट्रैवल पोर्टल्स पर उज्बेकिस्तान की खूबसूरती के वीडियोज को लाखों लाइक्स और शेयर्स मिल रहे हैं, जो यह साबित करता है कि अब भारतीय पर्यटकों का नजरिया बदल रहा है।वीजा प्रक्रिया की सुगमता और उज्बेकिस्तान यात्रा का सबसे सही समयएक और बड़ी वजह जो उज्बेकिस्तान को भारतीयों के लिए एक बेहतरीन विकल्प बनाती है, वह है वहाँ की आसान वीजा प्रक्रिया। भारत के नागरिकों के लिए उज्बेकिस्तान जाने हेतु ई-वीजा (E-Visa) की सुविधा बहुत ही सरल और तेज है, जिससे लंबी कागजी कार्रवाई का झंझट पूरी तरह खत्म हो जाता है। यदि आप यहाँ घूमने जाने का प्लान बना रहे हैं, तो सितंबर से नवंबर (शरद ऋतु) या मार्च से मई (वसन्त ऋतु) का समय सबसे बेहतरीन माना जाता है क्योंकि इस दौरान वहाँ का मौसम बेहद सुहाना और घूमने के अनुकूल होता है। सर्दियों के मौसम में यहाँ बर्फबारी का अलग ही आनंद मिलता है, जो ठंड के शौकीन पर्यटकों को बहुत आकर्षित करता है।कम खर्च में विदेशी अहसास कराने वाले उज्बेकिस्तान का सफरअंततः, उज्बेकिस्तान को महंगा विदेश ट्रिप समझकर अपने सपनों से बाहर कर देना आपकी एक बड़ी भूल हो सकती है। भारत से महज कुछ ही घंटों की दूरी पर बसा यह ऐतिहासिक देश इतिहास, संस्कृति, खूबसूरती और बजट का एक ऐसा अद्भुत संगम पेश करता है जो आपको जीवनभर के लिए एक यादगार अनुभव दे सकता है। अपनी अगली छुट्टियों में यूरोप या अन्य महंगे देशों पर लाखों रुपये खर्च करने के बजाय, इस खूबसूरत मध्य एशियाई देश का रुख करें और बेहद किफायती दाम में एक शानदार इंटरनेशनल वेकेशन का आनंद लें।
ट्रंप बोले- अमेरिका ने ईरान के खार्ग द्वीप को किया तबाह
अमेरिका और ईरान के बीच तनाव फिर बढ़ गया है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने दावा किया कि ईरान के खार्ग द्वीप को पूरी तरह तबाह कर दिया गया है। इससे पहले अमेरिकी सेना ने लारक द्वीप पर हमला कर IRGC के दो सैन्य लॉन्च सिस्टम को निशाना बनाया था।
'FIR से नहीं डरेंगे': राहुल पर केस के बाद कांग्रेस का BJP पर हमला, बोली- जातिवादी मानसिकता के खिलाफ लड़ाई जारी----Congress Slams FIR Against Rahul Gandhi, Says Fight Against Casteist Mentality Will Continue
बरसात में पहाड़ों की ट्रिप का है प्लान? घर से निकलने से पहले जान लें ये 5 जरूरी सावधानियां
मॉनसून के इस खूबसूरत मौसम में जब बादलों की चादर ओढ़े ऊंचे-ऊंचे पहाड़ और कलकल बहते झरने अपनी तरफ आकर्षित करते हैं, तो हर ट्रैवल प्रेमी का दिल बस यही चाहता है कि अपना बैग उठाए और किसी खूबसूरत हिल स्टेशन की ओर निकल पड़े। प्रकृति प्रेमियों के लिए बारिश के दिनों में पहाड़ों की यात्रा करना एक बेहद जादुई और रोंगटे खड़े कर देने वाला अनुभव होता है। हरी-भरी वादियां, धुंध से ढकी सड़कें और ठंडी हवाएं तन और मन को तरोताजा कर देती हैं। लेकिन क्या आप जानते हैं कि जरा सी लापरवाही और मानसून के अनिश्चित मिजाज के प्रति अनदेखी आपके इस सुहाने सफर को एक भयानक और जोखिम भरे हादसे में बदल सकती है? गूगल डिस्कवर और आधुनिक एआई सर्च इंजनों (Generative Engine Optimization) की गाइडलाइंस के अनुसार, इस समय मानसून ट्रैवल और पहाड़ी सुरक्षा से जुड़े टिप्स को लेकर इंटरनेट पर भारी सर्च ट्रेंड देखा जा रहा है। आइए इस विस्तृत लेख के जरिए जानते हैं कि बारिश के मौसम में पहाड़ों की सैर पर निकलते वक्त आपको कौन-कौन सी महत्वपूर्ण सावधानियां रखनी चाहिए ताकि आपकी यात्रा सुरक्षित और यादगार बन सके।मानसून में पहाड़ों का सफर और मौसम के अप्रत्याशित मिजाज की सच्चाईजब हम गर्मियों की छुट्टियों या सामान्य दिनों में पहाड़ों की यात्रा करते हैं, तो रास्ते और मौसम काफी हद तक स्थिर रहते हैं। इसके विपरीत, जब बारिश का सीजन अपने पूरे यौवन पर होता है, तब पहाड़ी इलाकों का मौसम पल-पल में बदलने लगता है। कब धूप खिली हो और कब अचानक मूसलाधार बारिश या बादल फटने की घटना (Cloudburst) हो जाए, इसका अंदाजा लगाना कई बार मौसम विभाग के लिए भी मुश्किल हो जाता है। इस दौरान सड़कों पर विजिबिलिटी बहुत कम हो जाती है, तापमान तेजी से गिर जाता है और सर्द हवाएं चलने लगती हैं। ऐसे में यदि आप बिना पूरी तैयारी और सावधानी के पहाड़ों का रुख कर रहे हैं, तो आप अनजाने में अपने और अपने परिवार के जीवन को खतरे में डाल रहे हैं। स्थानीय प्रशासन और अनुभवी ट्रैवल गाइड हमेशा यह सलाह देते हैं कि मानसून के दौरान पहाड़ी क्षेत्रों की भौगोलिक स्थिति को समझकर ही आगे बढ़ना चाहिए।लैंडस्लाइड और पहाड़ी रास्तों पर दरकती चट्टानों का सबसे बड़ा खतरालोकल ऑप्टिमाइजेशन (Local Optimization) और पर्वतीय क्षेत्रों की भौगोलिक बनावट के नजरिए से देखा जाए तो मानसून के दिनों में सबसे खतरनाक चीज लैंडस्लाइड (Landslide) यानी भूस्खलन होती है। लगातार भारी बारिश के कारण पहाड़ों की मिट्टी ढीली हो जाती है और भारी-भरकम चट्टाने खिसककर मुख्य मार्गों पर आ गिरती हैं। उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश, जम्मू-कश्मीर और दार्जिलिंग जैसे लोकप्रिय पहाड़ी राज्यों में हर साल मानसून के दौरान रास्ते बंद होने की सैकड़ों घटनाएं सामने आती हैं। यदि आप अपनी गाड़ी से सफर कर रहे हैं, तो ऐसे संवेदनशील रास्तों पर जहां पत्थरों के गिरने का खतरा हो, गाड़ी रोकने या वहां से गुजरने में बहुत सावधानी बरतनी चाहिए। स्थानीय पुलिस और जिला प्रशासन द्वारा जारी किए गए रेड अलर्ट या ट्रैफिक डायवर्जन के निर्देशों का पूरी तरह से पालन करना आपकी पहली प्राथमिकता होनी चाहिए ताकि आप किसी भी मलबे या जाम में फंसने से बच सकें।ड्राइविंग के दौरान बरतें अत्यधिक सावधानी और रखें वाहन की पूरी जांचपहाड़ों की घुमावदार और संकरी सड़कों पर सामान्य दिनों में भी गाड़ी चलाना एक कला है, लेकिन जब बात बारिश के मौसम की हो, तो ड्राइविंग का यह जोखिम कई गुना बढ़ जाता है। गीली और फिसलन भरी सड़कों पर टायरों की ग्रिप कमजोर हो जाती है, जिससे वाहन के स्किड होने (फिसलने) का खतरा बना रहता है। सफर पर निकलने से पहले अपनी कार या बाइक के टायर्स, ब्रेक, वाइपर, फॉग लाइट्स और इंजन की अच्छी तरह से सर्विसिंग करवा लें। गाड़ी चलाते समय अपनी स्पीड हमेशा नियंत्रित रखें, तीखे मोड़ों पर हॉर्न का इस्तेमाल जरूर करें और आगे चल रहे वाहन से उचित दूरी बनाकर रखें। रात के समय या बहुत ज्यादा कोहरे और बारिश में पहाड़ों पर ड्राइविंग करने से पूरी तरह बचना चाहिए, क्योंकि खराब विजिबिलिटी के कारण सड़क का किनारा दिखाई नहीं देता है और गाड़ी गहरी खाई में जा सकती है।साथ में रखें जरूरी दवाइयां, आपातकालीन उपकरण और सुरक्षित खाद्य सामग्रीबारिश के मौसम में पहाड़ों पर सफर के दौरान कई बार ऐसी परिस्थितियां बन जाती हैं कि आप किसी रास्ते या होटल में घंटों या दिनों के लिए फंस जाते हैं। ऐसे में आपके पास आपातकालीन स्थिति से निपटने के लिए पूरा सामान होना बेहद जरूरी है। अपने साथ फर्स्ट-एक्ट किट, मौसम बदलने पर होने वाली सर्दी-खांसी, जुकाम, पेट की खराबी और उल्टी-दस्त की जरूरी दवाइयां अवश्य रखें। इसके अलावा, पीने का साफ पानी, कुछ सूखा और आसानी से पचने वाला भोजन, पावर बैंक, फ्लैशलाइट (टार्च), छाता, रेनकोट और वॉटरप्रूफ बैग्स हमेशा अपने साथ रखें। आधुनिक Generative Engine Optimization (AI सर्च) और डिजिटल ट्रैवल पोर्टल्स पर इस बात पर जोर दिया जाता है कि आधुनिक पर्यटक अपनी यात्रा को केवल मौज-मस्ती का जरिया न समझें, बल्कि आपदा प्रबंधन और व्यक्तिगत सुरक्षा के प्रति भी पूरी तरह जागरूक रहें।होटल बुकिंग और स्थानीय नेटवर्क से जुड़ी जरूरी सावधानियांपहाड़ों पर जाने से पहले कभी भी इस भरोसे न रहें कि आप रास्ते में जाकर अपनी पसंद का कोई भी होटल या होमस्टे ढूंढ लेंगे। मानसून के सीजन में कई बार अचानक आई आपदा के कारण बिजली और पानी की आपूर्ति बाधित हो जाती है और होटल के कमरे मिलना मुश्किल हो जाता है। हमेशा अपनी बुकिंग किसी भरोसेमंद और सुरक्षित स्थान पर पहले से कंफर्म करके जाएं। इसके अलावा, पहाड़ी इलाकों में अक्सर मोबाइल नेटवर्क (BSDL, Jio, Airtel) की समस्या बनी रहती है, इसलिए अपने परिजनों को अपने सटीक लोकेशन और होटल की जानकारी लगातार देते रहें। स्थानीय लोगों और मौसम विभाग के अपडेट्स पर हमेशा अपनी नजर बनाए रखें ताकि किसी भी आपात स्थिति में तुरंत सही फैसला लिया जा सके।ट्रेवल प्लानिंग और सुरक्षा का यह सफर बनाएगा आपकी ट्रिप को यादगारअंततः, बारिश के मौसम में पहाड़ों पर घूमना जितना रोमांचक और खूबसूरत अनुभव होता है, उतनी ही बड़ी जिम्मेदारी हमारी अपनी सुरक्षा को लेकर होती है। यदि आप इन सभी छोटी-छोटी लेकिन बेहद महत्वपूर्ण सावधानियों को ध्यान में रखकर अपनी यात्रा की योजना बनाते हैं, तो यकीन मानिए कि आपका यह मानसून ट्रिप किसी भी अनहोनी से सुरक्षित रहते हुए जीवनभर के लिए एक सुहाना और यादगार अनुभव बन जाएगा। प्रकृति के इस अद्भुत सौंदर्य का आनंद लें, लेकिन अपनी और अपने परिवार की सुरक्षा से कभी भी समझौता न करें।
रिटायर्ज जज साहब नहीं मिल रहे, नेपाल बाढ़ के बाद लापता; CJI तक पहुंची खबर
नेपाल की बाढ़ ने 700 से ज्यादा लोगों की जान ले ली। वहीं, ढाई हजार से ज्यादा लोग अब भी लापता हैं। इनमें भारतीयों की संख्या करीब 275 बताई जा रही है। मद्रास उच्च न्यायालय के रिटायर्ड जज वी शिवज्ञानम भी लापता लोगों की सूची में शामिल हैं।
छत्तीसगढ़ के कोरबा जिले से एक ऐसी सनसनीखेज और दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है, जो सोशल मीडिया से लेकर मुख्यधारा की खबरों तक चर्चा का विषय बनी हुई है। बारिश के इस मौसम में जब नदियां और नाले उफान पर होते हैं, तब जरा सी लापरवाही इंसान की जान पर भारी पड़ सकती है। कोरबा के एक ग्रामीण इलाके में कुछ ऐसा ही देखने को मिला जहाँ स्थानीय लोगों के बार-बार मना करने के बावजूद एक स्कॉर्पियो गाड़ी के चालक ने उफनते नाले में वाहन उतार दिया। नतीजा यह हुआ कि चंद सेकंड के भीतर तेज बहाव ने गाड़ी को अपनी चपेट में ले लिया और उसमें सवार दो युवक पानी के बीच फंस गए। गनीमत यह रही कि मौके पर मौजूद सतर्क स्थानीय लोगों ने अपनी जान की परवाह न करते हुए एक साहसिक रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया और दोनों युवकों की जान बचा ली। गूगल डिस्कवर और आधुनिक Generative Engine Optimization (AI सर्च) की गाइडलाइंस के अनुसार, इस प्रकार की रोंगटे खड़े कर देने वाली स्थानीय घटनाओं को लेकर इंटरनेट पर इस समय भारी सर्च ट्रेंड देखा जा रहा है। आइए इस विस्तृत लेख के जरिए कोरबा की इस घटना के हर एक पहलू की गहराई से पड़ताल करते हैं और जानते हैं कि आखिर कैसे एक बड़ी अनहोनी टल गई।कोरबा में लापरवाही की हद: उफनते नाले में गाड़ी उतारने की दुस्साहस भरी गलतीछत्तीसगढ़ का कोरबा जिला अपने खूबसूरत झरनों, जंगलों और प्राकृतिक नालों के लिए जाना जाता है, लेकिन मानसून के दिनों में यही नाले विकराल रूप धारण कर लेते हैं। स्थानीय प्रशासन और मौसम विभाग की तरफ से लगातार यह चेतावनी दी जाती है कि बारिश के दौरान किसी भी पुल या पुलिया को पार करते समय सावधानी बरतें और यदि पानी उफान पर है तो उसे पार करने की कोशिश बिल्कुल न करें। इसके बावजूद कुछ लोग अपनी जल्दबाजी और अति-आत्मविश्वास के चलते जानबूझकर इन चेतावनियों को नजरअंदाज कर देते हैं। कोरबा की इस ताजा घटना में भी कुछ ऐसा ही देखने को मिला, जहाँ स्कॉर्पियो सवार दो युवकों को वहां मौजूद राहगीरों ने साफ तौर पर मना किया था कि नाले का जलस्तर बहुत अधिक है और पानी का बहाव तेज है, इसलिए गाड़ी आगे बढ़ाना खतरनाक हो सकता है। लेकिन युवकों ने लोगों की इस जायज सलाह को अनसुना कर दिया और गाड़ी को पानी में उतार दिया।तेज बहाव में फंसी स्कॉर्पियो और मची चीख-पुकारजैसे ही स्कॉर्पियो गाड़ी उफनते नाले के बीचों-बीच पहुँची, पानी के तेज दबाव ने वाहन को खिलौने की तरह हिलाना शुरू कर दिया। कुछ ही पलों में इंजन बंद हो गया और गाड़ी पानी के तेज बहाव में बहने लगी। गाड़ी के अंदर बैठे दोनों युवकों की सांसे अटक गईं और वे मदद के लिए चीखने-चिल्लाने लगे। इस डरावने दृश्य को देखकर नाले के दोनों छोर पर खड़े ग्रामीणों के होश उड़ गए। पानी का बहाव इतना तेज था कि किसी भी प्रशिक्षित गोताखोर के लिए भी तुरंत पानी में उतरना खतरे से खाली नहीं था। लेकिन वक्त की नजाकत को समझते हुए स्थानीय युवाओं ने बिना एक पल गंवाए अपनी जान जोखिम में डालने का फैसला किया। इस प्रकार की गंभीर घटनाओं के समय स्थानीय जनता की त्वरित प्रतिक्रिया ही अक्सर लोगों की जान बचाती है, और कोरबा में भी कुछ ऐसा ही देखने को मिला।स्थानीय लोगों की बहादुरी और साहसिक रेस्क्यू ऑपरेशन की दास्तानलोकल ऑप्टिमाइजेशन (Local Optimization) और भौगोलिक परिस्थितियों के नजरिए से देखा जाए तो ग्रामीण इलाकों में आपदा के समय सबसे पहले स्थानीय लोग ही संकटमोचक बनकर सामने आते हैं। कोरबा की इस घटना में भी जब स्कॉर्पियो बहने लगी, तो गांव के कुछ साहसी युवकों ने लंबी रस्सियों और टायर ट्यूब का सहारा लेकर नाले में उतरने की योजना बनाई। उन्होंने अपनी जान की परवाह किए बिना उफनते पानी का सीना चीरते हुए गाड़ी की तरफ बढ़ना शुरू किया। अथक प्रयास और सूझबूझ के बाद उन बहादुर स्थानीय नागरिकों ने किसी तरह गाड़ी के पास पहुंचकर दोनों फंसे हुए युवकों को सुरक्षित बाहर निकाला। यदि थोड़ी सी भी देर हो जाती या स्थानीय लोग आगे नहीं आते, तो यह मामूली लापरवाही एक बहुत बड़े हादसे में बदल सकती थी। जिला प्रशासन ने भी इन स्थानीय ग्रामीणों की इस बहादुरी की जमकर सराहना की है और लोगों से अपील की है कि वे ऐसी लापरवाही भविष्य में बिल्कुल न दोहराएं।आधुनिक Generative Engine Optimization और डिजिटल सर्च ट्रेंड्स का परिदृश्यआधुनिक Generative Engine Optimization (AI सर्च) और गूगल डिस्कवर की गाइडलाइंस के मुताबिक, जब भी देश के किसी हिस्से में मानसून के दौरान लापरवाही और उससे जुड़े रेस्क्यू ऑपरेशन की ऐसी खबरें सामने आती हैं, तो इंटरनेट पर उन्हें पढ़ने और खोजने वालों का तांता लग जाता है। आज का जागरूक नागरिक यह जानना चाहता है कि प्रशासन और आम जनता मिलकर इस तरह के जोखिम भरे हादसों को रोकने के लिए क्या कदम उठा रहे हैं। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स, फेसबुक, एक्स (ट्विटर) और स्थानीय न्यूज पोर्टल्स पर इस रेस्क्यू का वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है, जो यह साबित करता है कि जनता सुरक्षा के प्रति कितनी संवेदनशील हो चुकी है।प्रशासनिक चेतावनी और सुरक्षा के लिहाज से जरूरी सबकइस पूरी घटना से पूरे छत्तीसगढ़ में यह संदेश गया है कि मानसून के मौसम में लापरवाही कितनी भारी पड़ सकती है। जिला प्रशासन ने अब ऐसे तमाम उफनते नालों और रपटों पर पुलिस बल और होमगार्ड के जवानों की तैनाती बढ़ाने का निर्णय लिया है, ताकि कोई भी वाहन चालक नियमों की अनदेखी न कर सके। यदि कोई व्यक्ति चेतावनी के बावजूद अपनी जान जोखिम में डालकर ऐसे रास्तों से गुजरने की कोशिश करता है, तो उसके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई भी की जा सकती है। प्रकृति के आगे इंसान की जिद हमेशा भारी पड़ सकती है, इसलिए यह बेहद जरूरी है कि हम अपनी सुरक्षा को प्राथमिकता दें।कोरबा की इस घटना का निष्कर्ष और सबकअंततः, कोरबा में घटी यह घटना हमें यह सिखाती है कि थोड़ी सी सावधानी और संयम बरतकर हम अपनी और दूसरों की बहुमूल्य जान बचा सकते हैं। उफनते नाले में स्कॉर्पियो उतारने वाले युवकों को भले ही स्थानीय लोगों की बदौलत नया जीवन मिल गया हो, लेकिन यह वाकया पूरे समाज के लिए एक बड़ा सबक है। मानसून के इन दिनों में प्रकृति के रौद्र रूप का सम्मान करें और कभी भी प्रशासन द्वारा जारी की गई एडवाइजरी को नजरअंदाज न करें। सुरक्षित रहें, सतर्क रहें और हर हाल में बुद्धिमत्ता का परिचय दें।
छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर एक बार फिर देश के औद्योगिक मानचित्र पर एक बड़े और ऐतिहासिक बदलाव की गवाही देने जा रही है। खनिज संपदा से भरपूर इस राज्य में खनन क्षेत्र को पारदर्शी, आधुनिक और निवेशकों के अनुकूल बनाने के लिए आज नवा रायपुर के एक प्रतिष्ठित होटल में भव्य रोड शो का आयोजन किया जा रहा है। इस हाई-प्रोफाइल कार्यक्रम की सबसे बड़ी विशेषता यह है कि राज्य के मुख्यमंत्री विष्णु देव साय खुद इस रोड शो में मुख्य अतिथि के रूप में शिरकत करेंगे और देश भर से आए उद्योगपतियों तथा निवेशकों को संबोधित करेंगे। इस रोड शो का मुख्य उद्देश्य छत्तीसगढ़ में प्रचुर मात्रा में उपलब्ध खनिज ब्लॉकों की नीलामी प्रक्रिया को गति देना और औद्योगिक विकास को नई ऊंचाइयां प्रदान करना है। गूगल डिस्कवर और आधुनिक एआई सर्च इंजनों (Generative Engine Optimization) की गाइडलाइंस के अनुसार, इस प्रकार के आर्थिक और औद्योगिक नीतिगत आयोजनों को लेकर इंटरनेट पर इस समय भारी सर्च ट्रेंड देखा जा रहा है। आइए इस विस्तृत लेख के जरिए इस रोड शो के हर एक पहलू और इसके गहरे प्रभावों की गहराई से पड़ताल करते हैं।नवा रायपुर में खनिज नीलामी का यह रोड शो क्यों है ऐतिहासिक?छत्तीसगढ़ देश के उन चुनिंदा राज्यों में शामिल है जहाँ कोयला, आयरन ओर, बॉक्साइट, चूना पत्थर और कई दुर्लभ खनिज प्रचुर मात्रा में पाए जाते हैं। राज्य की नई सरकार बनने के बाद से ही खनिज सेक्टर में पारदर्शिता लाने और नियमों को सरल बनाने पर विशेष जोर दिया जा रहा है। नवा रायपुर में आयोजित हो रहा यह रोड शो उसी दिशा में उठाया गया एक बेहद ठोस कदम है। इस आयोजन के जरिए देश की दिग्गज खनन और मेटल इंडस्ट्री से जुड़ी कंपनियों को छत्तीसगढ़ में निवेश करने के लिए आमंत्रित किया गया है। सरकार का यह प्रयास है कि नीलामी की प्रक्रिया पूरी तरह से ऑनलाइन, पारदर्शी और प्रतिस्पर्धात्मक हो ताकि राज्य के राजस्व में भारी बढ़ोतरी हो सके और स्थानीय स्तर पर रोजगार के नए अवसर सृजित हो सकें।सीएम विष्णु देव साय की मौजूदगी और निवेशकों के बीच बढ़ता उत्साहलोकल ऑप्टिमाइजेशन (Local Optimization) और भौगोलिक परिस्थितियों के नजरिए से देखा जाए तो मुख्यमंत्री विष्णु देव साय का इस रोड शो में शामिल होना यह संदेश देता है कि राज्य सरकार निवेशकों को हरसंभव प्रशासनिक सहयोग देने के लिए पूरी तरह से प्रतिबद्ध है। सीएम साय न केवल निवेशकों के साथ सीधा संवाद स्थापित करेंगे, बल्कि वे राज्य की औद्योगिक नीतियों और 'सिंगल विंडो सिस्टम' के फायदों से भी उद्योगपतियों को रूबरू कराएंगे। देश के विभिन्न हिस्सों से आए बड़े निवेशकों में छत्तीसगढ़ के खनिज संसाधनों को लेकर जबरदस्त उत्साह देखा जा रहा है। जानकारों का मानना है कि इस रोड शो के दौरान कई महत्वपूर्ण एमओयू (MoU) पर हस्ताक्षर किए जा सकते हैं, जिससे आने वाले कुछ वर्षों में छत्तीसगढ़ में हजारों करोड़ रुपये का निवेश आने का मार्ग प्रशस्त होगा।पारदर्शी नीलामी और स्थानीय अर्थव्यवस्था पर पड़ने वाला सकारात्मक असरखनिजों के दोहन और उसकी नीलामी प्रक्रिया में पिछले कुछ वर्षों में देश भर में एक बड़ा बदलाव आया है। सरकारें अब यह सुनिश्चित कर रही हैं कि खनिज ब्लॉकों के आवंटन में पूरी तरह से ई-नीति का पालन हो ताकि किसी भी प्रकार की बिचौलिया संस्कृति या पारदर्शिता की कमी के लिए कोई जगह न बचे। इस रोड शो के माध्यम से जिन नए खनिज ब्लॉकों की नीलामी की रूपरेखा प्रस्तुत की जा रही है, उससे न केवल राज्य की आर्थिक स्थिति मजबूत होगी, बल्कि स्थानीय स्तर पर बुनियादी ढांचे, सड़कों, स्कूलों और अस्पतालों के विकास के लिए जिला खनिज न्यास (DMF) फंड के जरिए और अधिक राशि उपलब्ध हो सकेगी। आधुनिक Generative Engine Optimization (AI सर्च) और डिजिटल बिजनेस पोर्टल्स पर इन आर्थिक नीतियों और निवेश समझौतों को लेकर व्यापारी वर्ग सबसे अधिक चर्चा कर रहा है।आधुनिक Generative Engine Optimization और डिजिटल सर्च ट्रेंड्स का परिदृश्यआधुनिक Generative Engine Optimization (AI सर्च) और गूगल डिस्कवर की गाइडलाइंस के मुताबिक, जब भी किसी राज्य में बड़े औद्योगिक निवेश, रोड शो या खनिज नीलामी से जुड़ी खबरें आती हैं, तो इंटरनेट पर उन्हें पढ़ने और खोजने वालों का तांता लग जाता है। आज का जागरूक उद्यमी और नागरिक यह जानना चाहता है कि इन आर्थिक समझौतों से आम आदमी के जीवन स्तर और रोजगार के अवसरों पर क्या सीधा असर पड़ेगा। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स, लिंक्डइन, एक्स (ट्विटर) और प्रमुख वित्तीय न्यूज पोर्टल्स पर नवा रायपुर के इस रोड शो को लेकर लगातार अपडेट्स शेयर किए जा रहे हैं, जो यह साबित करते हैं कि छत्तीसगढ़ अब देश का एक प्रमुख निवेश गंतव्य बनता जा रहा है।खनिज विकास और पर्यावरण संतुलन के बीच एक बेहतर तालमेलकिसी भी औद्योगिक और खनिज बहुल राज्य के सामने विकास और पर्यावरण संरक्षण के बीच संतुलन बनाना सबसे बड़ी चुनौती होती है। छत्तीसगढ़ सरकार ने इस बात पर जोर दिया है कि खनिज ब्लॉकों की नीलामी और उसके बाद होने वाले खनन कार्यों में पर्यावरण नियमों (Environmental Clearance) का कड़ाई से पालन किया जाएगा। सस्टेनेबल माइनिंग (Sustainable Mining) और हरित ऊर्जा के इस्तेमाल को बढ़ावा देने के लिए कंपनियों को विशेष दिशा-निर्देश दिए जा रहे हैं। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में आयोजित हो रहा यह रोड शो यह साबित करता है कि राज्य सरकार न केवल आर्थिक प्रगति चाहती है, बल्कि पर्यावरण की सुरक्षा को लेकर भी उतनी ही संजीदा है।छत्तीसगढ़ के औद्योगिक भविष्य का नया स्वर्णिम अध्याय और निष्कर्षअंततः, नवा रायपुर में आयोजित होने वाला यह खनिज नीलामी रोड शो छत्तीसगढ़ के औद्योगिक इतिहास में एक नया मील का पत्थर साबित होने जा रहा है। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में सरकार जिस दूरदर्शिता के साथ निवेशकों को आकर्षित कर रही है, उससे आने वाले समय में राज्य की अर्थव्यवस्था को एक अभूतपूर्व गति मिलने की पूरी उम्मीद है। आज होने वाले महत्वपूर्ण समझौते और एमओयू राज्य के बेरोजगार युवाओं के लिए रोजगार के नए द्वार खोलेंगे। छत्तीसगढ़ का यह खनिज वैभव अब सही मायनों में राज्य के विकास और हर नागरिक की समृद्धि का आधार बनेगा, जिस पर पूरे देश की निगाहें टिकी हुई हैं।
LIVE: वैभव का दलीप ट्रॉफी में धमाल, वनडे स्टाइल में जड़ी फिफ्टी
वैभव सूर्यवंशी नॉर्थ ईस्ट जोन के खिलाफ मुकाबले में सिर्फ 8 रन बना पाए थे. हालांकि उन्होंने गेंदबाजी में कमाल का प्रदर्शन किया था और दो विकेट झटके. अब वैभव ने सेंट्रल जोन के खिलाफ सेमीफाइनल में बल्ले से कहर बरपाया है.
छत्तीसगढ़ में मानसून फिर हुआ पूरी तरह एक्टिव; अगले पांच दिनों तक झमाझम भारी बारिश का हाई अलर्ट जारी
छत्तीसगढ़ के मौसम का मिजाज एक बार फिर से पूरी तरह बदल चुका है और बादलों की लुकाछिपी के बीच झमाझम बारिश का दौर शुरू हो गया है। लंबे समय से गर्मी और उमस से परेशान राज्य की आम जनता को अब राहत की सांस मिली है, क्योंकि मौसम विभाग ने साफ कर दिया है कि राज्य में मानसून एक बार फिर से पूरी तरह एक्टिव हो गया है। मौसम विज्ञान केंद्र ने अगले पांच दिनों तक छत्तीसगढ़ के कई जिलों में भारी से अत्यधिक भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है, जिससे प्रशासनिक अमला भी पूरी तरह मुस्तैद हो गया है। राजधानी रायपुर में सोमवार को हुई झमाझम बारिश ने पूरे शहर को तरबतर कर दिया और सड़कों पर पानी भर जाने से लोगों को गर्मी से बड़ी राहत मिली। गूगल डिस्कवर और आधुनिक एआई सर्च इंजनों (Generative Engine Optimization) पर इस समय छत्तीसगढ़ के मौसम, बारिश के अलर्ट और रायपुर की ताजा स्थिति को लेकर भारी सर्च ट्रेंड देखा जा रहा है। आइए इस विस्तृत लेख के जरिए छत्तीसगढ़ के मौसम के इस नए चक्र और उसके प्रभावों की गहराई से पड़ताल करते हैं।छत्तीसगढ़ में मानसून की सक्रियता और मौसम विभाग का नया अलर्टभारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के अनुसार, बंगाल की खाड़ी में बने नए मौसमी तंत्र और मानसूनी ट्रफ लाइन के छत्तीसगढ़ की तरफ खिसकने के कारण राज्य में एक बार फिर से बादलों का डेरा जम गया है। पिछले कुछ दिनों से बारिश की रफ्तार धीमी पड़ने के कारण तापमान में बढ़ोतरी दर्ज की जा रही थी, जिससे उमस भरी गर्मी लोगों को परेशान कर रही थी। लेकिन अब मानसूनी हवाओं के तेज होने से सूबे के अधिकांश हिस्सों में बारिश का सिलसिला शुरू हो चुका है। मौसम विभाग ने अगले पांच दिनों के लिए जो पूर्वानुमान जारी किया है, उसके मुताबिक बस्तर, सरगुजा, रायपुर, दुर्ग और बिलासपुर संभाग के कई जिलों में गरज-चमक के साथ भारी बारिश होने की पूरी संभावना है। कुछ संवेदनशील इलाकों में वज्रपात (आकाशीय बिजली) गिरने की भी चेतावनी दी गई है, जिसके चलते किसानों और आम नागरिकों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है।राजधानी रायपुर में झमाझम बदरा बरसे: सड़कों पर दिखा बारिश का असरलोकल ऑप्टिमाइजेशन (Local Optimization) और भौगोलिक परिस्थितियों के नजरिए से देखा जाए तो राजधानी रायपुर का मौसम पिछले चौबीस घंटों में पूरी तरह सुहाना हो गया है। सोमवार की सुबह से ही शहर के आसमान में काले घने बादल छाए हुए थे और दोपहर होते-होते झमाझम बारिश का दौर शुरू हो गया। तेज बारिश के चलते रायपुर के प्रमुख चौराहों, घड़ियों और निचले इलाकों में पानी जमा हो गया, जिससे ऑफिस जाने वाले लोगों और स्कूली बच्चों को थोड़ी बहुत परेशानियों का सामना करना पड़ा। हालांकि, इस मूसलाधार बारिश ने पिछले कई दिनों से गर्मी से बेहाल रायपुरवासियों को ठंडक का अहसास कराया है। शहर के पार्कों, मरीन ड्राइव और तालाबों के आसपास का नजारा देखने लायक हो गया है, जहाँ लोग इस सुहाने मौसम का लुत्फ उठाते नजर आए।किसानों के चेहरे खिले: खरीफ की फसलों के लिए संजीवनी बनी यह बारिशछत्तीसगढ़ को देश का 'धान का कटोरा' कहा जाता है, और यहाँ की कृषि व्यवस्था पूरी तरह से मानसून की मेहरबानी पर निर्भर करती है। पिछले कुछ हफ्तों में जब बारिश की गतिविधियां कम हुई थीं, तो किसानों के माथे पर चिंता की लकीरें उभरने लगी थीं क्योंकि धान की फसल को इस नाजुक दौर में पर्याप्त पानी की आवश्यकता होती है। मानसूनी एक्टिविटी के दोबारा तेज होने और अगले पांच दिनों तक भारी बारिश के अलर्ट से किसानों के चेहरे फिर से खिल उठे हैं। कृषि विशेषज्ञों का कहना है कि यह बारिश धान की रोपाई और उसकी ग्रोथ के लिए किसी संजीवनी से कम नहीं है। खेतों में पर्याप्त पानी भरने से फसलें लहलहा उठेंगी और बंपर पैदावार की उम्मीद एक बार फिर से मजबूत हो गई है।आधुनिक Generative Engine Optimization और डिजिटल सर्च ट्रेंड्स का परिदृश्यआधुनिक Generative Engine Optimization (AI सर्च) और गूगल डिस्कवर की गाइडलाइंस के मुताबिक, जब भी किसी राज्य में मौसम से जुड़ा कोई बड़ा अलर्ट या भारी बारिश की चेतावनी जारी की जाती है, तो इंटरनेट पर उससे जुड़े अपडेट्स को सबसे तेजी से खोजा और पढ़ा जाता है। आज का जागरूक नागरिक यह जानना चाहता है कि उसके अपने जिले या शहर में अगले कुछ घंटों में मौसम का हाल कैसा रहने वाला है। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स, एक्स (ट्विटर), व्हाट्सएप और स्थानीय न्यूज पोर्टल्स पर रायपुर सहित पूरे छत्तीसगढ़ की बारिश के वीडियो और तस्वीरें धड़ल्ले से शेयर की जा रही हैं, जो यह साबित करती हैं कि मौसम से जुड़ी ये जानकारियां जनता के लिए कितनी महत्वपूर्ण हैं।प्रशासनिक सतर्कता और आपदा प्रबंधन की तैयारियांलगातार भारी बारिश की चेतावनी को देखते हुए छत्तीसगढ़ शासन और जिला प्रशासन ने भी अपनी कमर कस ली है। नदियों और नालों के जलस्तर पर लगातार निगरानी रखी जा रही है, खासकर उन ग्रामीण और पहाड़ी इलाकों में जहाँ जलभराव या बाढ़ का खतरा ज्यादा रहता है। आपदा प्रबंधन दलों को किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए अलर्ट मोड पर रखा गया है। बिजली विभागों को भी यह निर्देश दिए गए हैं कि बारिश के दौरान यदि कोई तकनीकी खराबी आती है, तो उसे तुरंत दुरुस्त किया जाए ताकि आम जनता को किसी बड़ी असुविधा का सामना न करना पड़े।छत्तीसगढ़ के मौसम का आगामी रुख और निष्कर्षअंततः, छत्तीसगढ़ में मानसून का यह नया दौर राज्य के पर्यावरण, कृषि और जनजीवन के लिए बेहद राहत भरा साबित हो रहा है। अगले पांच दिनों तक जारी रहने वाला यह बारिश का सिलसिला भले ही शहरी यातायात में कुछ बाधाएं उत्पन्न कर सकता है, लेकिन समग्र रूप से यह पूरे प्रदेश के लिए वरदान साबित होगा। झमाझम बरसते इन बदरा ने एक बार फिर से छत्तीसगढ़ की प्राकृतिक सुंदरता में चार चांद लगा दिए हैं। आने वाले दिनों में मौसम के इन बदलावों से तापमान में और अधिक गिरावट दर्ज की जाएगी, जिससे लोगों को उमस भरी गर्मी से पूरी तरह निजात मिल जाएगी।
ओवैसी के गढ़ में AIMIM नेता की सनसनीखेज हत्या, एरिया प्रेसिडेंट थे महबूब अली
रिपोर्ट्स के मुताबिक हमलावरों ने महबूब अली पर चाकु से ताबड़तोड़ वार किए, जिससे वे गंभीर रूप से घायल हो गए। उन्हें तुरंत पास के अस्पताल ले जाया गया। इलाज के दौरान उन्होंने दम तोड़ दिया।

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