'भारत ने पिछले 12 सालों में तेज गति से प्रगति की', बोले PM मोदी
पीएम मोदी ने लाल किले से संबोधित करते हुए कहा कि 2014 तक हमारा देश दुनियाभर में फ्रेजाइल फाइव का एक हिस्सा माना जाता था जिसे लोग नजरअंदाज करते थे. लेकिन पिछले बारह सालों में भारत ने अपनी नई पहचान बनाई है. इस अवधि में देश ने तेजी से विकास किया है और दुनिया के नक्शे पर अपनी अलग जगह बनाई है. हम लगातार नई ऊचाइयां छू रहे हैं और भविष्य के लिए ठोस आधार बना रहे हैं.
कौन हैं कैप्टन सोनिया सिंह चौहान? PM मोदी संग फहराया तिरंगा
लाल किले की प्राचीर से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 80वें स्वतंत्रता दिवस के मौके से राष्ट्रीय ध्वज फहराया लेकिन इस दौरान एक तस्वीर सामने आई है जिसकी चर्चा लगातार हो रही है. पीएम मोदी के साथ खड़ी कैप्टन सोनिया सिंह चौहान ने हर भारतीय का दिल जीत लिया है. ऐसे में लोग जानना चाहते हैं कि सेना की यह जांबाज अफसर आखिर कौन है?
लाल किले के नीचे सीवर लाइन की पूरी निगरानी जारी
लाल किले के नीचे स्थित सीवर लाइनों की सुरक्षा के लिए व्यापक निगरानी की जा रही है. हर एक सीवर के ढक्कन पर जांच के बाद स्टिकर लगाया गया है जो यह सुनिश्चित करता है कि सभी सुरक्षा मानकों का पालन हो रहा है. इसके अलावा, लाल किले की प्राचीर पर AI कैमरों से लैस सुरक्षा व्यवस्था बनाई गई है.
लाल किले तक कैसे पहुंचे पीएम मोदी? देखें
भारत के प्रधानमंत्री कई बार अलग-अलग अवसरों पर लाल किले पर पहुंचे हैं. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भी वहां जाकर संबोधन किया. इस दिन का देश के लिए विशेष महत्व है क्योंकि यहां से देश की एकता और अखंडता का संदेश दिया जाता है. लोकतंत्र को मजबूत करने और संप्रभुता को बनाए रखने के लिए भारत ने कई कुर्बानियां दी हैं. लाल किला का प्राचीर इस देश की स्वतंत्रता और एकता का प्रतीक है जहां से प्रधानमंत्री हमेशा देश के विकास और अखंडता की बात करते हैं.
चंद्र ग्रहण से पहले शुक्र का बड़ा गोचर, 4 राशियां कमाएंगी धन-दौलत!
Shukra Nakshatra Gochar 2026: चंद्र ग्रहण से पहले 25 अगस्त को शुक्र मंगल के नक्षत्र में प्रवेश करेंगे. जानिए किन 4 भाग्यशाली राशियों के शुरू होने वाले हैं अच्छे दिन.
राजघाट पहुंचकर पीएम मोदी ने दी बापू को श्रद्धांजलि
पीएम मोदी ने राजघाट पहुंचकर महात्मा गांधी को श्रद्धांजलि अर्पित की. ये इस बात का प्रतीक है कि हमारा देश अपने सभी शहीदों को हमेशा याद रखता है और उनका सम्मान करता है. महात्मा गांधी के अंतिम शब्द 'हे राम' उनकी महानता और आत्मा की गहराई को दर्शाते हैं. इन्हीं कारणों से उन्हें महात्मा कहा जाता है.
ज्योतिषाचार्य डॉक्टर गौरव कुमार दीक्षित के अनुसार, हरियाली तीज की पूजा में भगवान को शमी, तुलसी और बेलपत्र जरूर अर्पित करना चाहिए. इन चीजों का खास महत्व माना गया है.
लाल किले पर हेलीकॉप्टर से हुई पुष्पवर्षा
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने झंडा रोहण के कार्यक्रम में हिस्सा लिया जिसमें 21 तोपों की सलामी दी गई. इस अवसर पर इंडियन एयर फोर्स के 17 हेलीकॉप्टरों की श्रृंखला देखी गई. राष्ट्रीय ध्वज के साथ-साथ वंदे मातरम का प्रतीक भी दिखाया गया. हेलीकॉप्टर के कप्तान विंग कमांडर रजत और स्क्वाड्रन लीडर अंकित की उपस्थिति कार्यक्रम को और महत्वपूर्ण बनाती है.
कौन हैं IPS उमेश चंद्र दत्ता? जिन्हें मिला राष्ट्रपति पदक, पीएम मोदी की सुरक्षा टीम में थे शामिल
Success Story: उमेश चंद्र दत्ता CBI और BSF में भी सेवाएं दे चुके हैं. CBI में काम करने के दौरान उन्होंने कई संवेदनशील मामले हैंडल किए. उनको गणतंत्र दिवस 2016 पर सराहनीय सेवा पदक से भी स्ममानित किया गया था.
Avengers Doomsday Trailer: मार्वल के फैंस का इंतजार खत्म हुआ क्योंकि 18 दिसंबर को सिनेमाघरों में रिलीज होने को तैयार हॉलीवुड फिल्म एवेंजर्स डूम्सडे का मोस्ट अवेटेड पहला ट्रेलर रिलीज कर दिया गया है
हसीना को कर रहे डेट गोविंदा, 2 फिल्मों में साथ करेंगे काम?
गोविंदा और कोमल रानी स्वर्णकार की डेटिंग की अफवाहें चर्चा में हैं. दोनों को एयरपोर्ट पर साथ देखा गया और गोविंदा की पत्नी सुनीता आहूजा ने इस पर नाराजगी जताई. अब खबरें आ रही हैं कि गोविंदा, कोमल के साथ बैक टू बैक 2 फिल्में करने वाले हैं.
विकसित भारत को लेकर लाल किले से क्या बोले PM मोदी?
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने स्वतंत्र दिवस पर लाल किले से संबोधित करते हुए कहा कि भारत ने एक बड़ा सपना देखा है जो पूरी दृढ़ता और संकल्प के साथ जुड़ा हुआ है. यह सपना है कि जब देश आजादी के 100 साल पूरे करेगा, यानी 2047 में, तब भारत एक विकसित राष्ट्र के रूप में खड़ा होगा. 140 करोड़ देशवासियों के सामूहिक प्रयासों से यह लक्ष्य हासिल किया जाना है
Gen-Z और आज़ादी: ऑफिस, घर और समाज... आज़ादी के अपने-अपने मायने
जिस वक्त देश में आज़ादी का जश्न मन रहा है, उसी वक्त अलग-अलग जगहों पर देश का युवा अपने-अपने तरीके से प्रदर्शन कर रहा है. हमने जंतर-मंतर देखा, हमने रांची देखा. लेकिन क्या सिर्फ प्रदर्शन कर रहा युवा ही बदलाव मांग रहा है? ऐसा नहीं है इस देश का हर युवा, जिसे Gen-Z कहा जा रहा है वो कई तरह के बदलाव चाहता है. कई तरह की आज़ादी चाहता है. क्यूंकि उसके लिए आज़ादी के मायने कुछ और ही हैं.
'सप्तधारा' की ये 7 शक्तियां, जो 70 साल में नहीं हुआ... वो 7 साल में कर दिखाएंगे
PM Modi Saptdhara Powers: भारत की ग्रोथ को आगे बढ़ाने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सप्त धारा की सात शक्तियों का जिक्र किया. इनमें मैन्युफैक्चरिंग, फूड प्रोसेसिंग, डिफेंस से लेकर ग्रीन-ब्लू इकोनॉमी तक शामिल हैं.
'पहले दिमागी नक्सल बुलाते हैं, फिर उनकी बातें..' जयराम रमेश का PM पर वार
प्रधानमंत्री मोदी के 'दिमागाी नक्सल' वाले बयान पर कांग्रेस ने उन्हें घेरना शुरू कर दिया है. कांग्रेस नेता जयराम रमेश का कहना है कि जिन्हें वे अर्बन नक्सल और दिमागी नक्सल कहते हैं उन्हीं की बातें वे बाद में मानते हैं.
सीटिंग अरेंजमेंट्स से खफा? राहुल-खड़गे लाल किले के समारोह में क्यों नहीं हुए शामिल
लाल किले के स्वतंत्रता दिवस समारोह में राहुल गांधी और मल्लिकार्जुन खड़गे शामिल नहीं हुए. सूत्रों के मुताबिक, दोनों प्रोटोकॉल और बैठने की व्यवस्था से नाराज थे.
शराब पार्टी और असम की लड़की... सन्न कर देगी नोएडा कांड की कहानी
एक रात... शराब की पार्टी... दो दोस्त कमरे में गए... और सुबह एक लाश मिली. इसके बाद कहानी नोएडा से निकलकर बिहार के कटिहार पहुंचती है, जहां हत्या का आरोपी पुलिस को शराब की पांच बोतलों के साथ मिला. नोएडा पुलिस जिस रमन राज को महक की हत्या के बाद ढूंढ रही थी, वो कटिहार पहुंच चुका था. अब नोएडा पुलिस कटिहार पहुंची है और उसे रिमांड पर लेकर उस रात का सच जानना चाहती है कि आखिर महक के साथ उस कमरे में क्या हुआ था?
इंडोनेशिया में भूकंप के बाद सुनामी का अलर्ट किया गया जारी
इंडोनेशिया में समुद्र के नीचे 35 किलोमीटर की गहराई में भूकंप का केंद्र बताया गया है. इस भूकंप के कारण वहां कई इमारतों और मकानों को नुकसान पहुंचा है. भूकंप के बाद अधिकारियों ने त्सुनामी की आशंका जताई है और जनता को सतर्क रहने की चेतावनी भी जारी की गई है. तेज झटकों का अनुभव भी भूकंप के बाद किया गया.
'झंडा फहराने से पुलिस ने रोका, सीने में लगी चोट', देवेंद्र महतो का बड़ा आरोप
रांची में छात्र आंदोलन का आज 22वां दिन है. छात्र नेता देवेंद्र नाथ महतो ने कहा है कि जयपाल सिंह स्टेडियम में झंडा फहराने जाते समय पुलिस की ओर से रोके जाने और धक्का-मुक्की के दौरान उनके सीने में चोट लगी.
स्वतंत्रता दिवस समारोह के मौके पर पहली बार लाल किले पर राष्ट्रगीत 'वंदे मातरम' गाया गया. कार्यक्रम की थीम रखी गई, 2047 तक भारत को एक विकसित राष्ट्र बनाने में युवाओं की शक्ति का योगदान. आज हम बता रहे हैं राष्ट्रगीत 'वंदे मातरम' के इतिहास के बारे में...
इंडोनेशिया में आज 7.7 तीव्रता का भूकंप, हुआ भारी नुकसान
इंडोनेशिया में आज 7.7 तीव्रता का भूकंप आया है. भूकंप की इतनी बड़ी तीव्रता से आस-पास के क्षेत्र में भारी नुकसान की संभावना रहती है. सामान्यतया 5 के आसपास की तीव्रता का भूकंप भी नुकसान पहुंचाता है, इसलिए 7.7 तीव्रता का भूकंप अधिक गंभीर और घातक प्रभाव डाल सकता है. ऐसे भूकंप से घर, इमारतें और सड़कें प्रभावित हो सकती हैं.
यूपी के मऊ का 'जलियांवाला बाग', तिरंगा फहराने 13 युवाओं ने 15 अगस्त को सीने पर खाई थी गोलियां
Independence Day 2026: उत्तर प्रदेश के मऊ जनपद के मधुबन में 15 अगस्त को ऐसी क्रांति हुई थी, जिसने ब्रिटिश सरकार की नींव हिला दी थी. इस घटना को मधुबन कांड के नाम से भी जाना जाता है.
VIDEO: 5 मिनट लेट हो गया डिलीवरी बॉय, शख्स ने बेरहमी से पीटा
मेरठ के भावनपुर थाना क्षेत्र स्थित गंगा हाइट्स अपार्टमेंट में डिलीवरी में पांच मिनट की देरी को लेकर डिलीवरी बॉय से मारपीट का मामला सामने आया है. घटना का CCTV वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल है. फुटेज में एक शख्स डिलीवरी एजेंट का मोबाइल छीनकर उसे थप्पड़ और लात मारता दिखाई दे रहा है.
'यूपी से तेलंगाना तक' चुनावी राज्यों के लिए लाल किले से क्या संदेश दे गए PM मोदी?
आगामी 2027 में उत्तर प्रदेश, गुजरात, पंजाब, उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश, गोवा और मणिपुर जैसे राज्यों में चुनाव होने हैं, जिसके तुरंत बाद 2028 में मध्य प्रदेश, राजस्थान, छत्तीसगढ़, कर्नाटक और तेलंगाना में चुनाव प्रस्तावित हैं।
अगरकर हटेंगे या वर्ल्ड कप तक मिलेगा मौका? BCCI जल्द करेगा ऐलान
बीसीसीआई की आगामी एपेक्स काउंसिल बैठक में मुख्य चयनकर्ता अजीत अगरकर के कार्यकाल विस्तार पर बड़ा फैसला हो सकता है. सितंबर 2026 में उनका मौजूदा कार्यकाल समाप्त होने वाला है और बोर्ड 2027 वनडे विश्व कप तक उन्हें जिम्मेदारी देने पर विचार कर रहा है.
शहीद के बेटे ने पूरा किया पिता का सपना.... IIT मुंबई में लिया एडमिशन
जिस पिता की यादें अतुल डागर के पास महज तीन साल की उम्र तक की है उन्हीं पिता के सपने को आज उनका बेटा अपनी मेहनत से पूरा कर रहा है. देश की रक्षा करते हुए शहीद हुए पिता को खोने के बाद अतुल ने जिंदगी में कई मुश्किलें देखीं लेकिन कभी इनसे पीछे नहीं हटा. मथुरा से कोटा तक की पढ़ाई और फिर JEE Advanced 2026 में ऑल इंडिया रैंक 3463 हासिल कर अतुल ने IIT बॉम्बे में कंप्यूटर साइंस में जगह बनाई.
कौन हैं कैप्टन सोनिया सिंह चौहान? लाल किले पर पीएम मोदी संग आईं नजर, खूब हो रही चर्चा
प्रधानमंत्री मोदी ने शनिवार को सभी राजनीतिक पार्टियों से लोकसभा और विधानसभाओं में महिला आरक्षण लागू कराने के लिए समर्थन देने की अपील की। उन्होंने कहा कि अब यह मुद्दा राजनीतिक अखाड़े का शिकार नहीं बने रहना चाहिए।
पहले बीहड़ में चलाती थीं गोलियां, अब रैंप पर बिखेरा जलवा
कभी बस्तर के जंगलों में हथियार थामने वाली इन महिलाओं की जिंदगी अब पूरी तरह बदल चुकी है. आत्मसमर्पण के बाद पहली बार वे रैंप पर उतरीं और कोसा सिल्क व हाथ से बुने कपड़ों में अपने नए आत्मविश्वास की झलक दिखाई. आखिर बंदूक से रैंप तक कैसे पहुंचीं ये महिलाएं, जानिए पूरी कहानी.
पीएम मोदी को 2014 का वादा याद दिलाकर सोनम वांगचुक ने की बड़ी मांग, बोले- एक साल में पूरा कर दीजिए
सोनम वांगचुक ने स्वतंत्रता दिवस पर पीएम मोदी को 2014 का बयान याद दिलाते हुए सांसदों-विधायकों से जुड़े आपराधिक मामलों के लिए फास्ट ट्रैक कोर्ट की मांग की।
सूत्रों के मुताबिक, कांग्रेस नेतृत्व का मानना है कि ऐसे आधिकारिक कार्यक्रमों में विपक्ष के वरिष्ठ नेताओं के साथ बैठने की व्यवस्था और अन्य प्रोटोकॉल से जुड़े मामलों में सम्मानजनक व्यवहार नहीं किया जाता। यही वजह बताई जा रही है कि खरगे और राहुल गांधी ने लगातार दूसरे वर्ष लाल किले के समारोह से दूरी बनाए रखी।
घर के बगीचे या बालकनी में लगे पेड़-पौधों को हरा-भरा रखने और उनमें ढेरों फूल खिलाने के लिए महंगे केमिकल खादों के बजाय ऑर्गेनिक पोषक तत्वों का इस्तेमाल सबसे बेहतर माना जाता है। किचन वेस्ट से निकलने वाले कचरे में केले के छिलके (Banana Peels) पौधों के लिए किसी अमृत से कम नहीं होते। इनमें भरपूर मात्रा में पोटैशियम, फॉस्फोरस, कैल्शियम, मैग्नीशियम और सोडियम पाया जाता है, जो पौधों की जड़ों को मजबूत बनाने और उनमें नई कलियां लाने में मदद करते हैं। हालांकि, अक्सर लोग जानकारी के अभाव में केले के छिलकों का गलत तरीके से इस्तेमाल कर बैठते हैं, जिससे पौधा तेजी से बढ़ने के बजाय सड़ने लगता है। बागवानी विशेषज्ञों और अनुभवी मालियों के अनुसार, एक छोटी सी गलती पूरे पौधे को बर्बाद कर सकती है।माली की सख्त नसीहत: गमले में सीधे कच्चा छिलका कभी न डालेंअधिकांश लोग केले का छिलका खाते ही उसे सीधे गमले की मिट्टी के ऊपर या तने के पास रख देते हैं। माली की सबसे पहली और अहम सलाह यही है कि मिट्टी की सतह पर खुला या गीला छिलका कभी नहीं छोड़ना चाहिए। जब ताजा छिलका खुली हवा और धूप में सड़ता है, तो उसमें फंगस (Fungus), सफेद कीड़े (Mealybugs) और चींटियां तेजी से पनपने लगती हैं। इसके अलावा, इसकी मीठी गंध से चूहे और अन्य कीट आकर्षित होते हैं जो पौधे की मुख्य जड़ों को कुतर कर पौधे को सुखा देते हैं।केले के छिलके से लिक्विड बायो-फर्टिलाइजर बनाने की विधिकेले के छिलकों का सबसे सुरक्षित और प्रभावी असर 'लिक्विड टी' यानी तरल खाद के रूप में मिलता है। इसे बनाने के लिए 3 से 4 केले के छिलकों को छोटे-छोटे टुकड़ों में काट लें। इन टुकड़ों को एक कांच या प्लास्टिक के जार में 1 लीटर पानी में डालकर ढक्कन बंद कर दें। इस जार को 3 से 4 दिनों के लिए किसी छायादार जगह पर फर्मेंट होने के लिए रख दें। जब पानी का रंग हल्का भूरा या गहरा हो जाए, तो इसे छान लें। इस तैयार लिक्विड में 2 भाग सादा पानी मिलाकर हर 15 दिन में एक बार पौधों की जड़ों में डालें। यह लिक्विड पोटैशियम का सबसे बेहतरीन स्रोत है, जो तुरंत जड़ों द्वारा अवशोषित कर लिया जाता है।धूप में सुखाकर बनाएं पोटैशियम रिच फर्टिलाइजर पाउडरयदि आप तरल खाद नहीं बनाना चाहते, तो छिलकों का पाउडर बनाकर लंबे समय के लिए स्टोर कर सकते हैं। केले के छिलकों को पतले टुकड़ों में काटकर तेज धूप में 4 से 5 दिनों तक तब तक सुखाएं जब तक कि वे पूरी तरह काले और कुरकुरे न हो जाएं। इसके बाद मिक्सी में पीसकर इनका बारीक पाउडर बना लें। गमले की मिट्टी की 1 से 2 इंच ऊपर से गुड़ाई करें और 1 चम्मच यह पाउडर मिट्टी में चारों तरफ फैलाकर अच्छी तरह मिला दें और तुरंत पानी दे दें। यह स्लो-रिलीज खाद का काम करता है और धीरे-धीरे पोषक तत्व मिट्टी में छोड़ता रहता है।गुलाब, गुड़हल और सब्जियों के पौधों के लिए वरदानकेले की खाद विशेष रूप से फूल देने वाले पौधों जैसे गुलाब (Rose), गुड़हल (Hibiscus), मोगरा, अपराजिता और बोगनविलिया के लिए सबसे असरदार साबित होती है। इसके अलावा टमाटर, शिमला मिर्च और बैंगन जैसे फलदार पौधों में इसका प्रयोग करने से फल बड़े आकार के होते हैं और समय से पहले फूल झड़ने की समस्या पूरी तरह खत्म हो जाती है।
आधुनिक जीवनशैली, अत्यधिक मानसिक तनाव, असंतुलित खानपान और गतिहीन दिनचर्या के कारण हृदय रोग आज एक गंभीर स्वास्थ्य चुनौती बन चुके हैं। अक्सर माना जाता है कि दिल का दौरा (Heart Attack / Myocardial Infarction) एकदम अचानक और बिना किसी चेतावनी के पड़ता है, लेकिन मेडिकल साइंस और कार्डियोलॉजिस्ट्स के अनुसार हृदय की धमनियों में रुकावट (Blockage) आने पर शरीर कई हफ्ते या लगभग 1 महीने पहले से ही सूक्ष्म चेतावनी संकेत देने लगता है। यदि इन शुरुआती लक्षणों को समय रहते पहचान लिया जाए और तुरंत चिकित्सीय जांच कराई जाए, तो किसी भी बड़ी अनहोनी और जानलेवा स्थिति से आसानी से बचा जा सकता है।अकारण अत्यधिक थकान और शारीरिक कमजोरीबिना किसी भारी काम या मेहनत के लगातार सुस्ती और अत्यधिक थकान महसूस होना हार्ट अटैक के सबसे शुरुआती लक्षणों में से एक है। जब कोरोनरी धमनियों में प्लाक जमने के कारण हृदय को रक्त पंप करने के लिए अधिक जोर लगाना पड़ता है, तो शरीर के अन्य अंगों तक ऑक्सीजन युक्त खून पर्याप्त मात्रा में नहीं पहुंच पाता। इसके कारण व्यक्ति सामान्य दैनिक गतिविधियों में भी पूरी तरह थका हुआ और ऊर्जाहीन महसूस करने लगता है।सांस लेने में तकलीफ और थोड़ी सी गतिविधि पर हांफनायदि सीढ़ियां चढ़ते समय, तेज चलते हुए या आराम की मुद्रा में भी आपकी सांस फूलने लगे, तो इसे केवल फेफड़ों की समस्या मानकर अनदेखा न करें। हृदय और फेफड़े रक्त परिसंचरण प्रणाली में मिलकर काम करते हैं। जब हृदय पर्याप्त रक्त पंप नहीं कर पाता, तो फेफड़ों में तरल पदार्थ का संचय होने लगता है, जिससे ऑक्सीजन का आदान-प्रदान बाधित होता है और सांस लेने में कठिनाई महसूस होती है।सीने में रुक-रुक कर भारीपन, जकड़न या हल्का दबावदिल का दौरा पड़ने से कुछ हफ्ते पहले सीने के बीचों-बीच या बाईं तरफ हल्का दबाव, जलन, खिंचाव या जकड़न महसूस हो सकती है। इसे अक्सर लोग सामान्य गैस, अपच या एसिडिटी समझकर नजरअंदाज कर देते हैं। यदि यह भारीपन शारीरिक परिश्रम करने पर बढ़ता है और आराम करने पर कम हो जाता है, तो यह एनजाइना (Angina) का स्पष्ट संकेत हो सकता है, जो धमनियों में गंभीर रुकावट की ओर इशारा करता है।गर्दन, जबड़े, पीठ और बाएं हाथ में दर्द का फैलनाहृदय संबंधी दर्द हमेशा केवल सीने तक सीमित नहीं रहता। कई बार दर्द सीने से शुरू होकर बाएं कंधे, पूरे बाएं हाथ, गर्दन, जबड़े के निचले हिस्से या ऊपरी पीठ (दोनों कंधों के बीच) की तरफ फैलता है। विशेष रूप से सुबह के समय जबड़े या दांतों में अकारण होने वाला खिंचाव और दर्द हृदय की मांसपेशियों में ऑक्सीजन की कमी का अप्रत्यक्ष लक्षण हो सकता है।बिना गर्मी या मेहनत के अचानक ठंडा पसीना आनासामान्य तापमान और पंखे-एसी के नीचे बैठे रहने के बावजूद अचानक माथे और हथेलियों पर ठंडा पसीना (Cold Sweats) आना कार्डियोवैस्कुलर संकट का संकेत माना जाता है। जब हृदय अवरुद्ध धमनियों के माध्यम से रक्त को आगे बढ़ाने के लिए संघर्ष करता है, तो शरीर का ऑटोनोमिक नर्वस सिस्टम सक्रिय हो जाता है, जिससे शरीर का तापमान नियंत्रित रखने के लिए अचानक पसीना निकलने लगता है।लगातार अपच, पेट में जलन, मतली या भूख में कमीहार्ट अटैक के शुरुआती लक्षणों में पाचन तंत्र से जुड़ी समस्याएं भी शामिल हैं, जो पुरुषों की तुलना में महिलाओं में अधिक देखी जाती हैं। पेट के ऊपरी हिस्से में लगातार भारीपन, गैस बनना, उल्टी जैसा महसूस होना (Nausea) और बिना कुछ खाए पेट भरा-भरा लगना पेट की समस्या के बजाय हृदय के निचले हिस्से में रक्त प्रवाह घटने का नतीजा हो सकता है।दिल की धड़कन का असामान्य रूप से तेज या अनियमित होना (Palpitations)बिना किसी डर, घबराहट या दौड़-भाग के अचानक दिल की धड़कनों का बहुत तेज हो जाना, धड़कन का रुक-रुक कर चलना या सीने में फड़कन जैसा महसूस होना 'एरिदमिया' (Arrhythmia) का संकेत हो सकता है। जब हृदय की मांसपेशियों को नियमित रूप से रक्त नहीं मिलता, तो उसकी विद्युत प्रणाली (Electrical System) असंतुलित हो जाती है।पैरों के तलवों, टखनों और पंजों में लगातार सूजन (Edema)हृदय की पंपिंग क्षमता कमजोर पड़ने पर शरीर का रक्त परिसंचरण धीमा हो जाता है, जिससे गुरुत्वाकर्षण के कारण निचली नसों में खून और तरल पदार्थ जमा होने लगता है। इसके परिणामस्वरूप पैरों, पंजों और टखनों में सूजन आ जाती है। यदि जूते अचानक तंग लगने लगें या पैरों पर उंगली दबाने से गड्ढा बनने लगे, तो यह कमजोर होते दिल का संकेत हो सकता है।चक्कर आना, सिर घूमना और अचानक आंखों के आगे अंधेरा छानामस्तिष्क को सुचारू रूप से कार्य करने के लिए निरंतर ऑक्सीजन और ग्लूकोज की आवश्यकता होती है। जब हृदय पर्याप्त मात्रा में रक्त दिमाग तक नहीं भेज पाता, तो ब्लड प्रेशर अचानक गिर जाता है। इसके कारण व्यक्ति को अचानक सिर चकराना, हल्कापन महसूस होना या खड़े होते ही आंखों के आगे अंधेरा छा जाने जैसी शिकायतें होने लगती हैं।
'सुधर जाओ नहीं तो आंदोलन करूंगा', स्वतंत्रता दिवस पर रामदेव ने 'कॉकरोच पार्टी' से मिलाए सुर
योगगुरु रामदेव ने कहा कि देश में चारों तरफ हंगामा है। स्कूलों में बुनियादी सुविधा का अभाव है। उन्होंने कहा कि अगर सुधार नहीं हुआ तो ज्यादा आंदोलन होंगे। उन्होंने कहा, कहीं ऐसा ना हो कि मुझे फिर आंदोलन करना पड़े।
हैदराबाद के ब्लिंकिट सेंटर में विवाद के बाद डिलीवरी वर्कर की हत्या, सहकर्मी पर लगा हमले का आरोप
हैदराबाद के नरसिंगी स्थित ब्लिंकिट सेंटर में डिलीवरी से जुड़े विवाद के बाद 28 वर्षीय मोहम्मद अब्दुल समद की मौत हो गई. पुलिस के अनुसार सहकर्मी के साथ विवाद के बाद उन पर हमला किया गया था. मामले में हत्या का केस दर्ज कर जांच शुरू की गई है.
15 अगस्त पर अगर आप भी ऐसी देशभक्ति फिल्में देखने की सोच रहे हैं जिनको देखते ही आपके मन में देश प्रेम जाग उठे, तो चलिए आपको बताते हैं वो डायलॉग जो आपके मन में जोश भर देंगे.
Independence Day Facts: 15
टाइल्स पर जम गए खारे पानी के जिद्दी दाग? ऐसे करें साफ
Bathroom Tiles Cleaning Tips: अगर आपके घर में भी बाथरूम-टॉयलेट और किचन के टाइल्स पर पीले, मटपैले या खारे पानी के जिद्दी दाग जम चुके हैं तो रसोई की कुछ चीजों से आप उसे आसानी से साफ कर सकते हैं. यहां हम आपको कुछ कमाल के ट्रिक्स बता रहे हैं.
682KM की रेंज, तीन स्क्रीन वाला सेटअप... आ गई नई Mahindra SUV
महिंद्रा ने अपनी कूपे एसयूवी बीई 6 का स्पोर्टेक एडिशन लॉन्च कर दिया है. ये कार कई नए फीचर्स और दमदार इंटीरियर के साथ आती है. इसमें तीन स्क्रीन वाला सेटअप मिलता है. इसके साथ ही कंपनी ने डैशबोर्ड में भी बदलाव किया है. कार की रेंज और बैटरी सेटअप में कोई बदलाव नहीं किया गया है. आइए जानते हैं इस कार में क्या कुछ खास है.
राहुल गांधी और सोनिया ने पूरा वंदे मातरम गाने से रोका? बीजेपी के आरोपों पर कांग्रेस की आई सफाई
कांग्रेस मुख्यालय में स्वतंत्रता दिवस के मौके पर गाए जा रहे वंदे मातरम को राहुल और सोनिया गांधी ने इशारों में इसे रोकने की कोशिश की. लेकिन अब कांग्रेस का कहना है कि ऐसा कुछ भी नहीं था.
बंगाल का युवक बेंगलुरु में गिरफ्तार, अफगानिस्तान जाकर लड़ना चाहता था पाकिस्तान से
कार्रवाई के दौरान पुलिस ने मलिक का मोबाइल फोन जब्त कर उसकी जांच की। फोन से असाफूल मलिक और इमरान हैदर के बीच की गई चैट, कई वॉयस कॉल के रिकॉर्ड्स और ऑडियो मैसेज बरामद हुए हैं।
MP: स्कूल की छत पर झंडा लगाते समय जिंदा जला छात्र, हाईटेंशन लाइन की चपेट में आने से गई जान
स्कूलों की छत के ऊपर से गुजर रही लाइनों की सुरक्षा और बच्चों से ऐसे काम करवाने पर सवाल उठ रहे हैं. परिजनों ने स्कूल प्रबंधन पर गंभीर आरोप लगाए हैं और प्रशासन से कार्रवाई की मांग की है.
पीएम मोदी ने लाल किले से आत्मनिर्भर भारत पर दिया जोर
80वें स्वतंत्रता दिवस पर पीएम मोदी ने लाल किले से आत्मनिर्भर भारत पर जोर देते हुए कहा कि भारत तेजी से आत्मनिर्भर बन रहा है और 140 करोड़ भारतीयों की ताकत को रोकना असंभव है। उन्होंने रक्षा उत्पादन, इलेक्ट्रॉनिक मैन्युफैक्चरिंग, मोबाइल उत्पादन, खादी और आधुनिक रेलवे कोच निर्माण में हुई वृद्धि का जिक्र किया।
रक्षाबंधन पर चंद्र ग्रहण का साया, राखी बांधना रहेगा शुभ? नोट करें मुहूर्त
Raksha Bandhan 2026: रक्षाबंधन 2026 पर है चंद्र ग्रहण का साया? जानिए भारत में इसका असर, राखी बांधने का सही समय, शुभ मुहूर्त और पंचांग से जुड़ी संपूर्ण जानकारी.
राज करने आए थे, पर जुबान हार बैठे! जब अंग्रेजों ने भारत की इस डिश को घोषित कर दिया अपनी 'नेशनल डिश'
Indian Food in UK: चिकन टिक्का मसाला वह वह इंडियन डिश है, जिसके स्वाद के आगे घुटने टेकते हुए गोरों ने इसे अपनी 'नेशनल डिश' घोषित कर दिया था.
'कहीं ऐसा ना हो मुझे दोबारा आंदोलन करना पड़े', बाबा रामदेव की चेतावनी
योग गुरु बाबा रामदेव ने सरकारी नौकरियों में कथित गड़बड़ी और रिश्वतखोरी को लेकर सवाल खड़े किए हैं. उनका कहना है कि अगर हालात नहीं सुधरे तो कहीं उन्हें आंदोलन करना न पड़ जाए.
लॉर्ड्स से गॉल तक... स्वतंत्रता दिवस पर टीम इंडिया ने रचा इतिहास
सीके नायडू की कप्तानी में शुरू हुआ भारतीय टीम का टेस्ट सफर कई महान खिलाड़ियों और ऐतिहासिक जीतों से गुजरते हुए अब 600वें मुकाबले तक पहुंच चुका है. गॉल में श्रीलंका के खिलाफ टीम इंडिया की कोशिश इस खास उपलब्धि को जीत के साथ और यादगार बनाने की होगी.
1947 की सीमित ताकत वाली Royal Indian Air Force से आज की मॉडर्न और आत्मनिर्भरता की तरफ बढ़ती Indian Air Force तक की यात्रा आखिर कैसे तय हुई? 1965, 1971 और कारगिल के यु्द्धों में निर्णायक रोल और जंग के बीच ही इनोवेशन तक, IAF के इस गौरवशाली सफर की कहानी सुनिए भारतीय वायुसेना के रिटायर्ड ग्रुप कैप्टन राजीव कुमार नारंग की ज
चला रहा था फेसबुक, फिर बना ढाई करोड़ का मालिक, ऐसे ठगे 36 लाख
साइबर ठगी का एक केस सामने आया है, जहां मध्य प्रदेश के ग्वालियर शहर के रहने वाले शख्स को शिकार बनाया है. शख्स को फेसबुक चलाना महंगा पड़ गया. इसके बाद उसे ऐप में ढाई करोड़ का फेक प्रोफिट दिखाया और आखिर में जाकर 36 लाख रुपये की ठगी का शिकार हो गया. जानते हैं कि ऑनलाइन ट्रेडिंग स्कैम से कैसे बचें.
दिल्ली में बढ़ रहे स्वाइन फ्लू के मामले, डॉक्टरों ने सतर्क रहने की सलाह और किन लोगों को है सबसे ज्यादा खतरा.
CM Vijay Thalapathy ने 15 August के मौके पर किया बड़ा एलान | Independence day 2026 | Trisha Krishnan
CM Vijay Thalapathy ने 15 August के मौके पर किया बड़ा एलान | Independence day 2026 | Trisha Krishnan
देश आजाद हुआ, लेकिन औरत की 'आजादी' की लड़ाई अब भी जारी है!
15 अगस्त 1947 को देश आजाद हुआ. उस आजादी का कोई जेंडर नहीं था. लेकिन आजादी के 79 साल बाद भी एक सवाल हर किसी से है कि अगर औरत आजाद है तो घर से दफ्तर और सड़क तक उसे हर वक्त पहरेदारी में क्यों रहना पड़ता है? क्यों वह रात में सड़कों पर अकेले नहीं चल सकती? क्यों हर कदम पर उसके साथ एक अनकही 'असुरक्षा' चलती है?
जब-जब बदला हिंदुस्तान, तब-तब बदला सिनेमा, आजादी के पर्दे की कहानी
भारतीय सिनेमा की कहानी 15 अगस्त 1947से शुरू नहीं होती. आजाद भारत से बहुत पहले गुलाम भारत की जमीन पर एक ऐसी दुनिया आकार ले रही थी, जो आने वाले दशकों में करोड़ों लोगों की कल्पनाओं, भावनाओं और सपनों का हिस्सा बनने वाली थी.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 15 अगस्त 2026 को देश के 80वें स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर लाल किले की प्राचीर से राष्ट्र को संबोधित किया। अपने भाषण में उन्होंने विकसित भारत 2047, आत्मनिर्भरता, युवा शक्ति, ऊर्जा सुरक्षा, तकनीक और ‘शक्ति की सप्तधारा’ पर ...
कॉकरोच पार्टी आज से लॉन्च कर रही नया अभियान, इस गांव से शुरुआत करेंगे अभिजीत दीपके
कॉकरोच जनता पार्टी के संस्थापक अभिजीत दीपके स्वतंत्रता दिवस के मौके पर एक नए अभियान की शुरूआत कर रहे हैं। इसका मुख्य उद्देश्य स्कूलों के बुनियादी ढांचे की ओर प्रशासन का ध्यान खींचना है।
Terror: आतंकी संगठन टीटीवी से जुड़ा शख्स बंगलूरू में गिरफ्तार, पाकिस्तानी सेना पर हमले की बना रहा था योजना
कैसे बचा हजारों साल पुराना मंदिर? जानें केदारनाथ के अनसुलझे रहस्य
Hindu Dharam: हिमालय की गोद में 11,755 फीट की ऊंचाई पर स्थित केदारनाथ धाम केवल आस्था का प्रतीक नहीं, बल्कि प्राचीन भारतीय निर्माण कला और विज्ञान का अद्भुत नमूना है. 2013 की भीषण प्रलयकारी बाढ़ और मलबे के बावजूद मुख्य मंदिर का अडिग खड़े रहना आज भी वैज्ञानिकों के लिए अध्ययन का विषय है.
लाल किले से पीएम मोदी ने युवाओं, महिलाओं, डिफेंस सेक्टर, विकसित भारत को लेकर क्या-क्या कहा?
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार को 75 मिनट का स्वतंत्रता दिवस भाषण दिया। इस दौरान पीएम मोदी ने युवाओं, महिलाओं और किसानों को लेकर कई बड़ी बातें कहीं।
स्वतंत्रता दिवस पर फिर दिखा मोदी का खास अंदाज, बंधेज पगड़ी में दिखा ‘वोकल फॉर लोकल’ का संदेश
पीएम मोदी की इस बार की पगड़ी गहरे लाल रंग की थी, जिस पर छोटे-छोटे सफेद बिंदु बने हुए थे। इसे टाई-एंड-डाई की पारंपरिक तकनीक से तैयार किया जाता है। कपड़े को पहले अलग-अलग हिस्सों में धागे से बांधा जाता है और फिर उसमें रंग डाला जाता है।
घूस के आरोपी इस IPS को UPSC इंटरव्यू में मिले थे सबसे खराब नंबर?
रिश्वत लेने के आरोपी आईपीएस राहुल बंसल को लेकर ऐसा दावा किया जा रहा है कि UPSC सिविल सेवा परीक्षा 2021 के इंटरव्यू (Personality Test) में राहुल बंसल को पूरे बैच में सबसे खराब और कम नंबर मिले थे. आइए समझते हैं उनकी UPSC रैंक, इंटरव्यू के मार्क्स और इस पूरे एजुकेशनल बैकग्राउंड की कहानी!
पश्मीना से बनारसी तक... Google के Doodle में दिखी भारत की रंगीन विरासत
भारत के 80वें स्वतंत्रता दिवस पर Google ने खास Doodle के जरिए देश की समृद्ध टेक्सटाइल विरासत को सलाम किया है. डिजिटल पैचवर्क में 22 क्षेत्रीय कपड़ा और हस्तशिल्प परंपराओं को शामिल किया गया है. इसमें कच्छ कढ़ाई, जामदानी, बनारसी, पश्मीना, पैठणी, फुलकारी, कांजीवरम, कलमकारी और मेखला चादर जैसी कलाएं नजर आती हैं.
त्यौहारों पर बनाएं क्रिस्पी मावा जलेबी, नोट करें आसान रेसिपी
Mawa Jalebi Recipe: आज हम आपको घर पर हलवाई स्टाईल कुरकुरी और रसीली मावा जलेबी बनाने की आसान रेसिपी बताएंगे, जिसे आप बेहद आसानी से घर पर किसी खास मौके या त्यौहारों पर बना सकते हैं.
स्वास्थ्य विभाग ने गांव-गांव में स्वास्थ्य परीक्षण शुरू किया है. कुंडेकसा स्कूल में अस्थायी अस्पताल बनाया गया है, जहां स्वास्थ्य विभाग की टीम जांच कर रही है. इसके अलावा 372 मरीजों की पहचान हुई है और 100 बच्चों को अस्पताल में भर्ती कराया गया है.
74 साल पुरानी इस फिल्म में गाया गया था वंदे मातरम, 150 साल पहले लिखा गया था राष्ट्रगीत
देशभर में 15 अगस्त यानी स्वतंत्रता दिवस का जश्न मनाया जा रहा है. वहीं लाल किले पर पीएम मोदी ने झंडा फहराकर देश को 80वें स्वतंत्रता दिवस की शुभकामनाएं दीं.
चौधरी चरण सिंह हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय: इतिहास, कृषि अनुसंधान और मौसम सेवाओं की पूरी जानकारी
चौधरी चरण सिंह हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय हिसार के इतिहास, स्थापना, कृषि अनुसंधान, शिक्षा, कृषि मौसम विज्ञान विभाग, किसान सेवाओं और डॉ. मदन लाल खीचड़ की भूमिका के बारे में विस्तार से जानें।
भारत और पाकिस्तान तो अलग हो गए लेकिन उस दौरान के हजारों कहानियां और किस्से आज भी किताबों के पन्नों में बंद है. साथ छूटने और नए परिवेश में अपनी जगह बनाने की जद्दोजहद, अलगाव और विस्थापन की ऐसी ही कहानियां बॉलीवुड की कई फिल्मों में दिखाई गई हैं.
West Bengal में 16 अगस्त से Ayushman Bharat योजना लागू होगी, 1.5 करोड़ परिवारों को फायदा
पश्चिम बंगाल सरकार ने शुक्रवार को कहा कि राज्य में 16 अगस्त से आयुष्मान भारत स्वास्थ्य बीमा योजना लागू की जाएगी। इस योजना के दायरे में करीब 1.5 करोड़ परिवारों के छह करोड़ लोगों के आने की उम्मीद है। सरकार ने कहा कि इस योजना की शुरुआत राज्य के लिए एक नया दिन होगा। इसके साथ ही सरकार ने आरोप लगाया कि पिछले 15 वर्षों के दौरान राज्य के लोगों को केंद्र की विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं से वंचित रखा गया। पश्चिम बंगाल के स्वास्थ्य मंत्री शरद्वत मुखर्जी ने शुक्रवार को संवाददाताओं को बताया कि इस योजना के तहत लाभार्थियों को पांच लाख रुपये तक बिना नकद भुगतान के इलाज की सुविधा मिलेगी। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी के मार्गदर्शन में इस योजना को लागू किया जाएगा और आयुष्मान भारत कार्ड जारी करने के लिए कोई शुल्क नहीं लिया जाएगा। यह योजना शुरुआती तौर पर राज्य की स्वास्थ्य साथी योजना और प्रस्तावित मुख्यमंत्री स्वास्थ्य बीमा योजना के साथ-साथ संचालित होगी। मंत्री ने कहा, हर कोई इस योजना का लाभ उठा सकेगा। किसी को भी डरने की आवश्यकता नहीं है कि उसे योजना से वंचित कर दिया जाएगा। सरकार की योजना अगले तीन महीनों में तीनों योजनाओं की समीक्षा करने और उसके बाद लाभार्थियों को बिना किसी असुविधा के स्वास्थ्य साथी योजना को धीरे-धीरे बंद करने की है। सरकार के अनुसार, राज्य के कुल 1,930 अस्पतालों को आयुष्मान भारत योजना के दायरे में लाया गया है, जिनमें 1,303 निजी और 627 सरकारी अस्पताल शामिल हैं। लाभार्थियों को सलाह दी गई है कि अस्पताल जाते समय वे अपना आधार कार्ड अपने पास रखें। अधिकारियों ने बताया कि जिन लोगों के पास आयुष्मान भारत कार्ड नहीं है, वे अस्पताल में ही अपना पंजीकरण करा सकते हैं।
देश में महंगाई बढ़ी, तो उसके साथ संपत्तियों और कीमती धातुओं के दाम भी आसमान छूने लगे. लेकिन कृषि क्षेत्र को जानबूझकर इस रेस से बाहर रखा गया.
बोल्ड सीन करने से हिचके यश, करोड़ों कमाने के बाद छोड़ी शर्म!
यश अपनी फिल्म की लीड एक्ट्रेसेस के साथ म्यूजिक लॉन्च इवेंट पर पहुंचे. फिल्म रिलीज से पहले यश ने इंडिया टीवी के टॉक शो में उनसे जुड़े कई सवालों के जवाब दिए.
CP Radhakrishnan: विभाजन की पीड़ा याद रखना जरूरी ताकि दोबारा न हो ऐसी विभीषिका
उपराष्ट्रपति सी. पी. राधाकृष्णन ने शुक्रवार को कहा कि विभाजन के दौरान लोगों द्वारा झेले गये कष्टों और बलिदानों को याद रखा जाना चाहिए ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि ऐसी ‘‘विभीषिका’’ फिर कभी न दोहराई जाए। उन्होंने देश की एकता और सद्भाव को बनाए रखने की आवश्यकता पर भी जोर दिया। दिल्ली विश्वविद्यालय (डीयू) के कुलाधिपति राधाकृष्णन ‘विभाजन विभीषिका स्मृति दिवस’ के मौके पर ‘सेंटर फॉर इंडिपेंडेंस एंड पार्टिशन स्टडीज’ (सीआईपीएस) और भारतीय ऐतिहासिक अनुसंधान परिषद (आईसीएचआर) द्वारा आयोजित एक कार्यक्रम को मुख्य अतिथि के रूप में संबोधित कर रहे थे। राधाकृष्णन ने कहा, “यह हमारे स्वतंत्रता दिवस मनाने से ठीक एक दिन पहले की बात है। हमें याद रखना चाहिए कि स्वतंत्रता की खुशी को 1947 में हमारे बुजुर्गों द्वारा झेली गई पीड़ा से कभी अलग नहीं किया जाना चाहिए।’’ उन्होंने कहा, ‘‘विभाजन हमारे देश के इतिहास के सबसे दुखद और अमानवीय अध्यायों में से एक था।’’उन्होंने कहा कि अतीत को याद करना ‘‘पुराने घावों को कुरेदना’’ नहीं है, बल्कि इतिहास से सीखना और अधिक सद्भाव की दिशा में आगे बढ़ना है। उन्होंने कहा, ‘‘यह याद रखना जरूरी है कि स्वतंत्रता बिना किसी कीमत, पीड़ा या बलिदान के नहीं मिली। हमारे बुजुर्गों द्वारा झेली गई पीड़ा ने भारत को स्वतंत्र देश बनाया। इस तरह की विभीषिका दोबारा कभी नहीं होनी चाहिए।’’उपराष्ट्रपति ने देश की अखंडता की रक्षा करने और उसकी विविधता का सम्मान करने की नागरिकों की जिम्मेदारी पर भी जोर दिया। उन्होंने कहा, ‘‘इस देश की अखंडता को बनाए रखना हम सभी का सर्वोच्च कर्तव्य है। मेरी मातृमेरे लिए महत्वपूर्ण है, लेकिन इसका मतलब यह नहीं है कि मैं दूसरों की मातृसे नफरत करूं। हमें भारतीय होने पर बहुत गर्व होना चाहिए।’’दिल्ली विश्वविद्यालय के कुलपति योगेश सिंह ने कहा कि यह दिन उन परिस्थितियों पर विचार करने और उन लोगों को याद करने का मौका है, जिन्होंने विभाजन के दौरान अपनी जान गंवा दी। सिंह ने कहा, ‘‘स्वतंत्रता दिवस से एक दिन पहले देश के कई परिवारों के जीवन में अंधेरा छा गया था। इसलिए हम इस दिन को ‘विभाजन विभीषिका स्मृति दिवस’ के रूप में मनाते हैं।’’उन्होंने कहा, ‘‘यह सवाल पूछने और अपनी गलतियों से सीखने का दिन है।
अफगानिस्तान में तालिबान आज कैसे मना रहा 'आजादी दिवस'?
5 साल बाद भी अफगानिस्तान दो तस्वीरों में बंटा दिखता है. तालिबान अपनी वापसी को सुरक्षा, आजादी और स्थिरता की उपलब्धि बताकर जश्न मना रहा है, लेकिन महिलाओं, पत्रकारों और आम नागरिकों पर बढ़ती पाबंदियां तथा आर्थिक संकट मानवाधिकार संगठनों की चिंता बने हुए हैं.
मोदी बोले- दिमागी नक्सलियों को पहचानें, उन्हें अलग करें: ये समाज को भटका रहे
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार को कहा कि हथियारबंद नक्सलवाद पर काबू पा लिया गया है, लेकिन उन्होंने चेतावनी दी कि माओवादी सोच वाले लोग अभी भी देश के अलग-अलग हिस्सों में मौजूद हैं और उन्हें पहचानकर अलग-थलग करने की ज़रूरत है। लाल किले की प्राचीर से देश को संबोधित करते हुए, पीएम मोदी ने कहा कि देश ने हथियारबंद नक्सलवाद को सफलतापूर्वक कमज़ोर किया है, लेकिन उन्हें दिमागी नक्सलियों से सावधान रहने की ज़रूरत है। पीएम मोदी ने कहा हमें इन दिमागी नक्सलियों की पहचान करनी होगी, उन्हें अलग-थलग करना होगा और एक विकसित देश के लिए युवाओं को एकजुट करना होगा। इसे भी पढ़ें: PM Narendra Modi ने ऊर्जा क्षेत्र में आत्मनिर्भरता का किया आह्वान, समुद्री मार्गों पर चेताया पीएम मोदी ने कहा कि नक्सलवाद और माओवाद ने युवाओं की उम्मीदों को खत्म कर दिया है और दशकों तक देश के बड़े हिस्सों को हिंसा की चपेट में रखा है। उन्होंने उग्रवाद से लड़ते हुए अपनी जान गंवाने वाले सुरक्षाकर्मियों को भी श्रद्धांजलि दी। पीएम मोदी ने कहा नक्सलवाद और माओवाद ने लाखों युवाओं के सपने बर्बाद कर दिए। इसने कई माताओं से उनके बेटे छीन लिए और कई माताओं के सपने कुचल दिए। इस नक्सलवाद ने बंदूक के दम पर चार दशकों तक भारत के एक बड़े हिस्से और वहां की आबादी को बंधक बनाकर रखा था; उन्होंने संविधान को भी नष्ट कर दिया था। उन्होंने कहा कि नागरिकों को नक्सली हिंसा से बचाने के दौरान 3,500 से ज़्यादा सुरक्षाकर्मी मारे गए। देश के लोगों की सुरक्षा करते हुए 3,500 से ज़्यादा सुरक्षाकर्मी शहीद हुए। युद्ध में मारे गए सैनिकों की तुलना में ज़्यादा पुलिसकर्मी मारे गए; लोगों को सुरक्षा देने के लिए पुलिसकर्मियों को अपनी जान जोखिम में डालनी पड़ी। इस नक्सलवाद ने देश को खून से सराबोर कर दिया था। प्रधानमंत्री ने कहा, 2014 में जब आपने हमें मौका दिया, तो हमने तय किया कि हम देश को नक्सलवाद से मुक्त करेंगे, और आज मुझे यह बताते हुए खुशी हो रही है कि नक्सलवाद में अब सांस लेने की भी ताकत नहीं बची है। इसे भी पढ़ें: PM Narendra Modi ने 'शक्ति की सप्तधारा' का आह्वान किया, 80वें Independence Day पर दिए कई लक्ष्य पीएम मोदी ने दिमागी नक्सलियों के खिलाफ आगाह किया पीएम मोदी ने हथियारबंद नक्सलियों और उन लोगों के बीच अंतर बताया जिन्हें उन्होंने दिमागी नक्सल कहा। उन्होंने आरोप लगाया कि ये लोग हिंसा को बढ़ावा देने और देश को गलत दिशा में ले जाने के मौके तलाशते रहते हैं। पीएम मोदी ने कहा, सालों तक सार्वजनिक जीवन में माओवादी सोच वाले लोग मौजूद रहे; सरकारी समितियों में भी इस सोच ने कई संस्थानों और पहलों को प्रभावित किया। मेरे प्यारे देशवासियों, हम 'हथियारबंद नक्सलियों' पर काबू पाने और देश को उनसे मुक्त कराने में सफल रहे हैं। भले ही ये नक्सली खत्म हो गए हों, लेकिन 'दिमागी नक्सली' (नक्सली सोच वाले लोग) मौके की तलाश में हैं, हिंसा के तरीके ढूंढ रहे हैं और देश को गलत रास्ते पर ले जाने की कोशिश कर रहे हैं। हमें इन दिमागी नक्सलियों की पहचान करनी होगी, उन्हें अलग-थलग करना होगा और एक विकसित देश के लिए युवाओं को एकजुट करना होगा। पीएम मोदी ने कहा कि जो इलाके कभी नक्सली हिंसा से प्रभावित थे, वहां अब विकास हो रहा है। जिन क्षेत्रों में पहले हथियारबंद उग्रवाद का बोलबाला था, वहां अब तरक्की और सरकारी पहलों का प्रतीक तिरंगा लहरा रहा है।
सनातन धर्म के 18 महापुराणों में से एक 'गरुड़ पुराण' (Garuda Purana) में जन्म, मृत्यु, आत्मा के सफर और परलोक का अत्यंत विस्तृत व गूढ़ वर्णन मिलता है। गरुड़ पुराण के अनुसार, मृत्यु एक अटल सत्य है और जब किसी व्यक्ति का इस पृथ्वी लोक पर निर्धारित समय पूरा होने लगता है, तो शरीर और आत्मा के अलग होने की प्रक्रिया अंतिम समय में तेज हो जाती है। जब प्राण त्यागने का समय करीब आता है, यानी मृत्यु से लगभग 24 घंटे पहले, व्यक्ति की ज्ञानेंद्रियों, शरीर के तापमान और मानसिक चेतना में कुछ स्पष्ट और अलौकिक संकेत दिखाई देने लगते हैं। आइए जानते हैं गरुड़ पुराण में वर्णित उन 5 अचूक संकेतों के बारे में जो अंतिम समय के आगमन की ओर इशारा करते हैं।पानी, तेल या दर्पण में अपनी परछाई न देख पानागरुड़ पुराण के अनुसार, जब व्यक्ति के प्राण छूटने का समय अत्यंत निकट आ जाता है, तो उसकी दृष्टि और ऊर्जा क्षेत्र (Aura) में गहरा बदलाव आता है। ऐसे समय में व्यक्ति को पानी, तेल, शीशे (दर्पण) या घी में अपनी वास्तविक परछाई साफ दिखाई नहीं देती। कई बार परछाई धड़-विहीन या कटी हुई महसूस होती है, या फिर बिल्कुल भी नजर नहीं आती। धार्मिक मान्यता के अनुसार, यह इस बात का संकेत होता है कि शरीर से प्राणिक ऊर्जा धीरे-धीरे सिमटकर बाहर निकलने की तैयारी कर रही है।हाथ-पैरों का ठंडा पड़ना और नाभि से प्राणों का खिंचावमृत्यु से कुछ घंटे पूर्व शरीर की जैविक और आंतरिक क्रियाएं शिथिल होने लगती हैं। गरुड़ पुराण और आयुर्वेद दोनों में इस बात का उल्लेख है कि सबसे पहले पैरों के तलवे और हाथों की हथेलियां पूरी तरह ठंडी और सुन्न होने लगती हैं। शरीर की ऊष्मा (अग्नि तत्व) धीरे-धीरे सिमटकर नाभि चक्र (मणिपुर चक्र) और फिर हृदय की ओर खिंचने लगती है। व्यक्ति के होंठ और तालू सूखने लगते हैं और बोलने की शक्ति धीरे-धीरे क्षीण होने लगती है।यमदूतों और पूर्वजों की उपस्थिति का आभास होनागरुड़ पुराण के प्रेत कल्प में वर्णित है कि अंतिम समय में व्यक्ति की भौतिक दृष्टि कमजोर हो जाती है और उसकी सूक्ष्म दृष्टि सक्रिय हो जाती है। ऐसे समय में व्यक्ति को अपने आसपास अपने दिवंगत पितरों, पूर्वजों या अलौकिक आकृतियों (यमदूतों) के साये दिखने लगते हैं। कई बार व्यक्ति शून्य में देखकर बातें करने की कोशिश करता है या डर और घबराहट में अपने परिजनों का हाथ कसकर पकड़ लेता है। यह संकेत बताता है कि आत्मा अब भौतिक जगत से परे सूक्ष्म जगत के संपर्क में आ रही है।नाक का अग्रभाग न देख पाना और दृष्टि का स्थिर होनागरुड़ पुराण में शारीरिक दृष्टि से जुड़े एक अत्यंत विशिष्ट संकेत का वर्णन किया गया है। जब मृत्यु करीब होती है, तो व्यक्ति अपनी दोनों आंखों से अपनी नाक के अग्रभाग (टिप) को देखने में असमर्थ हो जाता है। आंखों की पुतलियां ऊपर की ओर खिंचने लगती हैं या एक ही जगह स्थिर हो जाती हैं। इसके साथ ही आसपास की रोशनी धुंधली लगने लगती है और व्यक्ति को दिन के उजाले में भी अंधेरा या चारों ओर पीलापन महसूस होने लगता है।जीवन भर के कर्मों का एक साथ फ्लैशबैक (चलचित्र की तरह दिखना)अंतिम 24 घंटों के दौरान व्यक्ति का दिमाग सांसारिक मोह-माया से परे जाकर अपने पूरे जीवन का पुनरावलोकन करता है। गरुड़ पुराण के अनुसार, जन्म से लेकर उस क्षण तक किए गए सभी अच्छे और बुरे कर्म (पुण्य और पाप) व्यक्ति के अंतःकरण में एक दृश्य चित्रपट की तरह तेजी से घूमने लगते हैं। इस दौरान व्यक्ति अपने पाप कर्मों को याद करके पश्चाताप करता है और उसके मुंह से अनायास ही ईश्वर या परिजनों के नाम निकलने लगते हैं।
बरसात और बदलते मौसम के साथ डेंगू बुखार के मामलों में तेजी से उछाल देखने को मिलता है। एडीज मच्छर के काटने से फैलने वाला यह वायरल संक्रमण मरीज के खून में मौजूद प्लेटलेट्स (Platelets) को तेजी से प्रभावित करता है। डेंगू में अक्सर देखा जाता है कि बुखार उतरने के बाद या तीसरे-चौथे दिन से प्लेटलेट काउंट अचानक नीचे गिरने लगता है, जिससे मरीज और तीमारदार घबरा जाते हैं। चिकित्सा विशेषज्ञों का मानना है कि प्लेटलेट्स में हल्की या मध्यम गिरावट आम बात है, लेकिन सही समय पर उचित देखभाल और सही खानपान से शरीर को गंभीर स्थिति से बचाया जा सकता है।हाइड्रेशन को बनाएं पहली प्राथमिकता: तरल पदार्थों का भरपूर सेवनडेंगू के दौरान प्लेटलेट्स गिरने और खून के गाढ़े होने का सबसे मुख्य कारण 'प्लाज्मा लीकेज' और डिहाइड्रेशन होता है। इसलिए शरीर में पानी और इलेक्ट्रोलाइट्स का संतुलन बनाए रखना सबसे अहम है।ओआरएस और नारियल पानी: मरीज को दिनभर में सादे पानी के अलावा ओआरएस (ORS), नारियल पानी, नींबू पानी और पतली छाछ का नियमित सेवन कराएं।सूप और दाल का पानी: सब्जियों का सूप और मूंग दाल का पानी शरीर को ऊर्जा देने के साथ-साथ पाचन तंत्र को भी दुरुस्त रखता है।प्लेटलेट्स बढ़ाने वाले पोषक आहार शामिल करेंशरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने और प्लेटलेट्स उत्पादन को सक्रिय करने के लिए विटामिन-सी, एंटीऑक्सीडेंट्स और फोलेट से भरपूर आहार लें।पपीते के पत्ते और गिलोय: डॉक्टर की सलाह से पपीते के पत्तों का ताजा रस या गिलोय का काढ़ा सीमित मात्रा में लिया जा सकता है, जो इम्युनिटी बूस्ट करने में मदद करता है।कीवी और अनार: कीवी, अनार, संतरा और अमरूद जैसे ताजे फल रेड ब्लड सेल्स और प्लेटलेट्स के स्तर को स्थिर रखने में सहायक होते हैं।दर्द निवारक दवाइयों के गलत चयन से बचें (क्या बिल्कुल न करें)डेंगू में बिना डॉक्टरी सलाह के कोई भी ओवर-द-काउंटर (OTC) पेनकिलर लेना जानलेवा साबित हो सकता है।एस्पिरिन और ब्रूफेन से परहेज: इबुप्रोफेन (Ibuprofen), एस्पिरिन (Aspirin) या डिक्लोफेनाक जैसी दर्द निवारक दवाएं कभी न लें। ये दवाएं ब्लड थिनर (खून पतला करने वाली) होती हैं, जिससे शरीर के अंदर इंटरनल ब्लीडिंग का खतरा कई गुना बढ़ जाता है।केवल पैरासिटामोल: तेज बुखार या बदन दर्द के लिए चिकित्सक द्वारा सुझाई गई खुराक में केवल पैरासिटामोल का ही सेवन करें।पूर्ण आराम और भारी गतिविधियों से दूरीप्लेटलेट्स कम होने पर शरीर की छोटी रक्त वाहिकाएं कमजोर हो जाती हैं। ऐसे में किसी भी प्रकार का भारी शारीरिक श्रम, जिम, दौड़-भाग या वजन उठाने वाले काम बिल्कुल न करें। जरा सी चोट या खरोंच से भी अधिक रक्तस्राव हो सकता है। मरीज को ज्यादा से ज्यादा बेड रेस्ट करने की सलाह दी जाती है ताकि शरीर की ऊर्जा रिकवरी में लग सके।खतरे के संकेतों (Warning Signs) पर तुरंत अस्पताल पहुंचेंहर स्थिति में प्लेटलेट्स चढ़ाने (Platelet Transfusion) की जरूरत नहीं होती। जब तक प्लेटलेट काउंट 10,000 से 20,000 से नीचे न जाए या एक्टिव ब्लीडिंग न हो, तब तक घबराने की जरूरत नहीं होती। हालांकि, यदि मरीज को लगातार उल्टी, पेट में तेज असहनीय दर्द, मसूड़ों या नाक से खून आना, शौच का रंग काला होना या अत्यधिक सुस्ती जैसे लक्षण दिखें, तो बिना देरी किए तुरंत नजदीकी अस्पताल में भर्ती कराना चाहिए।
PM मोदी को 2014 का वादा याद दिला सोनम वांगचुक ने कर दी बड़ी डिमांड, कहा- एक साल में पूरा कर दीजिए
एक्टिविस्ट सोनम वांगचुक ने स्वतंत्रता दिवस के अवसर प्रधानमंत्री मोदी को उनका 2014 का एक वादा याद दिलाया है। यह वादा प्रधानमंत्री के एक इंटरव्यू से जुड़ा है। वांगचुक ने कहा कि 12 साल बीत जाने के बाद भी पीएम मोदी ने अपना वह वादा पूरा नहीं किया है। अगर वह चाहें तो अगले एक साल में इसे पूरा कर सकते हैं।
गॉल में शुभमन गिल ने फहराया तिरंगा, गंभीर ने बजाईं तालियां
गॉल में 80वें स्वतंत्रता दिवस पर शुभमन गिल ने तिरंगा फहराया, वहीं हेड कोच गौतम गंभीर ने तालियां बजाईं और टीम इंडिया ने राष्ट्रगान गाकर देशभक्ति का संदेश दिया.
PM Narendra Modi ने 'शक्ति की सप्तधारा' का आह्वान किया, 80वें Independence Day पर दिए कई लक्ष्य
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने शुक्रवार को ‘शक्ति की सप्तधारा’ का आह्वान किया और कहा कि ये सात शक्तियां भारत को नई गति तथा नई ऊंचाइयों तक ले जाएंगी। मोदी ने 80वें स्वतंत्रता दिवस पर लाल किले की प्राचीर से अपने संबोधन में कहा कि अगले पांच-सात वर्षों में उन कार्यों को पूरा करने की शक्ति हासिल करनी होगी जो पांच-सात दशकों से अधूरे पड़े हैं। मोदी ने ‘शक्ति की सप्तधारा’ के तहत पहली शक्ति को ‘विनिर्माण शक्ति’ बताते हुए कहा कि भारत को ‘कंपोनेंट’ एवं ‘डिजाइन’ से लेकर तैयार उत्पादों तक पूरी मूल्य श्रृंखला विकसित करनी होगी तथा भरोसेमंद वैश्विक आपूर्ति श्रृंखला केंद्र के रूप में उभरना होगा। उन्होंने कहा कि दूसरी शक्ति कृषि एवं खाद्य प्रसंस्करण है। किसानों के लिए दुनिया के बाजार खुलने का उल्लेख करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि मुक्त व्यापार समझौतों (एफटीए) से भारत को बड़ा बाजार मिल रहा है और अब खेत से निर्यात बाजार तक पहुंचने पर जोर देना होगा। मोदी ने कहा कि भारत के पारंपरिक खानपान, मोटे अनाज (मिलेट्स), मसाले और फल-फूल वैश्विक ब्रांड बनने चाहिए। उन्होंने प्रौद्योगिकी और नवाचार को तीसरी शक्ति बताया और कहा कि आज का दौर कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई), क्वांटम प्रौद्योगिकी, अंतरिक्ष, रोबोटिक्स और डेटा सेंटर का है। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि भारत को नवाचार का वैश्विक केंद्र बनना होगा। प्रधानमंत्री ने कहा कि भारत ने यूपीआई और डिजिटल सार्वजनिक बुनियादी ढांचे के क्षेत्र में अपनी क्षमता साबित की है और अब डिजिटल सार्वजनिक प्रौद्योगिकियों को दुनिया के हर कोने तक पहुंचाने की जरूरत है। उन्होंने कहा कि भारत को अगली पीढ़ी की संचार प्रौद्योगिकी में नेतृत्व करना चाहिए और ‘मेड इन इंडिया 6जी’ को हर कोने तक पहुंचाना लक्ष्य होना चाहिए। सप्तधारा की चौथी शक्ति ‘गतिशक्ति’ को बताते हुए मोदी ने निर्बाध और तेज गति वाले संपर्क पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि शहरों को हाई-स्पीड रेल के जरिए जोड़ा जाना चाहिए और बंदरगाह आधारित विकास पर भी ध्यान देना होगा। उन्होंने रक्षा शक्ति को सप्तधारा की पांचवीं शक्ति बताया और कहा कि रक्षा क्षेत्र में आत्मनिर्भर होना अब भारत और दुनिया दोनों की जरूरत बन गया है। मोदी का कहना था कि जब दुनिया अपने-अपने हितों पर ध्यान दे रही है, तब भारत केवल दुनिया के लिए बाजार बनकर नहीं रह सकता। मोदी ने कहा कि भारत को रक्षा क्षेत्र में आत्मनिर्भर बनना होगा और अगली पीढ़ी की रक्षा प्रौद्योगिकी विकसित करके वैश्विक आपूर्तिकर्ता बनने की दिशा में आगे बढ़ना होगा। उन्होंने ‘हरित और नीली अर्थव्यवस्था’ छठी शक्ति बताते हुए कहा कि भारत को हरित हाइड्रोजन, नवीकरणीय ऊर्जा और ऊर्जा भंडारण के क्षेत्र में वैश्विक नेतृत्व हासिल करना चाहिए तथा दुनिया की चुनौतियों के समाधान उपलब्ध कराने जारी रखने चाहिए। प्रधानमंत्री के अनुसार, नीली अर्थव्यवस्था में मत्स्य पालन, तटीय पर्यटन और समुद्री प्रौद्योगिकी के क्षेत्र में भी अपार संभावनाएं हैं, जो भारत के विकास के लिए नए रास्ते खोल सकती हैं। भारत की ‘सॉफ्ट पावर’ को सप्तधारा की सातवीं शक्ति बताते हुए मोदी ने कहा कि योग ने पूरी दुनिया को भारत से जोड़कर रखा है। उन्होंने कहा कि योग दुनिया के लिए ऊर्जा बनता जा रहा है और भारत के लिए विश्वास का बड़ा आधार बन रहा है।
शक्ति की सप्त धारा क्या है? पीएम मोदी के 7 स्तंभ जो देश की अर्थव्यवस्था को देंगे नई उड़ान
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार को अपने स्वतंत्रता दिवस भाषण में 'शक्ति की सप्तधारा' का ज़िक्र किया। उन्होंने उन सात धाराओं को बताया जो भारत की ताकत हैं और देश की तरक्की को अगले स्तर पर ले जाएंगी। लाल किले की प्राचीर से देश को संबोधित करते हुए, पीएम मोदी ने कहा कि ये सात स्तंभ 'विकसित भारत' की ओर भारत की यात्रा को आकार देंगे। मैन्युफैक्चरिंग (निर्माण) के बड़े पैमाने पर विस्तार पर ज़ोर देते हुए, प्रधानमंत्री ने इसे भारत की भविष्य की आर्थिक वृद्धि का मुख्य आधार बताया। उन्होंने कहा, डिज़ाइन से लेकर मैन्युफैक्चरिंग तक, भारत को ग्लोबल सप्लाई चेन में एक भरोसेमंद केंद्र बनना होगा। इसके लिए, मैं 3 चीज़ों पर खास ज़ोर देना चाहता हूँ। मैन्युफैक्चरिंग के क्षेत्र में काम कर रहे मेरे भाइयों और बहनों, इस मौके को हाथ से न जाने दें। इसके लिए हमें लागत, गुणवत्ता और पैमाने के मामले में ग्लोबल स्टैंडर्ड्स पर खरा उतरना होगा। प्रधानमंत्री ने कहा कि दूसरी ताकत कृषि और फूड प्रोसेसिंग है। इसे भी पढ़ें: PM Modi का Red Fort से 'Viksit Bharat' का संकल्प, बच्चों से भावुक मुलाकात सप्तधारा की दूसरी ताकत खेती और फ़ूड प्रोसेसिंग है। हमें इस दिशा में आगे बढ़ना चाहिए। दुनिया के बाज़ार अब हमारे किसानों के लिए खुले हैं। FTA की वजह से हमें एक बहुत बड़े बाज़ार तक पहुँच मिल रही है; हमें वहाँ तक पहुँचना होगा। हमें खेत से एक्सपोर्ट मार्केट तक का सफ़र तय करना होगा। हमारे पारंपरिक व्यंजन, मोटे अनाज (मिलेट्स), मसाले, फल और फूल ग्लोबल ब्रांड बनने चाहिए। सप्तधारा की दूसरी ताकत खेती और फ़ूड प्रोडक्शन है। आज ग्लोबल मार्केट खुल रहे हैं और FTA के ज़रिए हमें बड़े नए बाज़ार मिल रहे हैं। चाहे हमारे मसाले हों या मोटे अनाज, उन्हें ग्लोबल ब्रांड बनना चाहिए। उन्होंने तीसरी ताकत के तौर पर टेक्नोलॉजी और इनोवेशन का ज़िक्र किया। आज का दौर AI, क्वांटम, स्पेस, रोबोटिक्स और डेटा सेंटर्स का है। नई तकनीकें भी हर पल हमारे सामने चुनौतियां पेश कर रही हैं। हमें इनोवेशन का हब बनना होगा। हमने UPI और डिजिटल पब्लिक इंफ्रास्ट्रक्चर के क्षेत्र में अपनी काबिलियत साबित की है। अब भारत को डिजिटल पब्लिक टेक्नोलॉजी को दुनिया के हर कोने तक पहुंचाना है। इसे भी पढ़ें: India-US Relations पहले से कहीं ज्यादा मजबूत, Marco Rubio ने गिनाए Defense और AI क्षेत्र में सहयोग के बड़े फायदे भारत को नेक्स्ट जेनरेशन कम्युनिकेशन टेक्नोलॉजी में लीड करना होगा। 'मेड इन इंडिया' 6G तकनीक देश के हर कोने तक पहुंचे, यही हमारा लक्ष्य होना चाहिए। यह दौर रोबोटिक्स, AI, क्वांटम टेक्नोलॉजी, स्पेस और डेटा सेंटर्स का है। नई तकनीकें नई चुनौतियां पेश कर रही हैं और हमें इनोवेशन का ग्लोबल हब बनना होगा। हमने UPI और डिजिटल पब्लिक इंफ्रास्ट्रक्चर के ज़रिए अपनी ताकत पहले ही साबित कर दी है। अब हमें नेक्स्ट-जेनरेशन कम्युनिकेशन टेक्नोलॉजी में अगली बड़ी छलांग लगानी है। शक्ति की सप्त धारा कृषि एवं खाद्य उत्पाद खाद्य प्रसंस्करण (फूड प्रोसेसिंग) का विस्तार करना; श्रीअन्न (मोटे अनाज/Millets), मसाले, फल और अन्य भारतीय कृषि उत्पादों को वैश्विक स्तर पर पहुंचाना। प्रौद्योगिकी एवं नवाचार भारत को AI (आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस), क्वांटम तकनीक, अंतरिक्ष (Space), रोबोटिक्स, डेटा सेंटर और नेक्स्ट-जेन संचार के क्षेत्र में एक वैश्विक केंद्र बनाना। गति शक्ति (कनेक्टिविटी एवं बुनियादी ढांचा) हाई-स्पीड रेल, आधुनिक राजमार्गों, हवाई अड्डों, मल्टीमॉडल लॉजिस्टिक्स और बंदरगाहों के माध्यम से निर्बाध (सीमलैस) कनेक्टिविटी स्थापित करना। रक्षा शक्ति रक्षा क्षेत्र में आत्मनिर्भरता हासिल करना, अत्याधुनिक रक्षा तकनीक विकसित करना और एक वैश्विक रक्षा निर्यातक बनना। हरित एवं नीली अर्थव्यवस्था ग्रीन हाइड्रोजन, नवीकरणीय ऊर्जा, ऊर्जा भंडारण, ग्रीन मोबिलिटी और पर्यावरण-अनुकूल विनिर्माण; इसके साथ ही मत्स्य पालन, तटीय पर्यटन और समुद्री तकनीक को बढ़ावा देना। भारत की सॉफ्ट पावर योग, आयुर्वेद, समग्र स्वास्थ्य सेवा (होलिस्टिक हेल्थकेयर), कला, संस्कृति और समृद्ध विरासत के माध्यम से वैश्विक स्तर पर भारत के प्रभाव को सुदृढ़ करना। विनिर्माण शक्ति भारत को स्पेयर पार्ट्स (कंपोनेंट्स) से लेकर अंतिम उत्पादों तक एक विश्वसनीय वैश्विक सप्लाई-चेन हब बनाना।
DK Shivakumar ने Karnataka के स्कूलों में 'एआई अक्षर अभियान' की घोषणा की
कर्नाटक के मुख्यमंत्री डी के शिवकुमार ने शनिवार को राज्यभर के विद्यालयों में कृत्रिम मेधा (एआई) की शिक्षा शुरू करने और विद्यार्थियों को वैश्विक स्तर पर प्रतिस्पर्धा के लिए तैयार करने के उद्देश्य से ‘एआई अक्षर अभियान’ एवं ‘कोडिंग गुरुकुल’ कार्यक्रम की घोषणा की। शिवकुमार ने यहां ‘फील्ड मार्शल सैम मानेकशॉ परेड ग्राउंड’ में स्वतंत्रता दिवस पर अपने संबोधन में कहा, ‘‘हम अब प्रौद्योगिकी के एक नए युग में प्रवेश कर रहे हैं। एआई अभियान और कोडिंग गुरुकुल- यह आपका युग है, एक नया युग।’’ उन्होंने कहा कि उनकी सरकार आज के युवाओं के कौशल को निखारने और उन्हें वैश्विक स्तर पर प्रतिस्पर्धा के योग्य बनाने के लिए पहले ही कार्यक्रम तैयार कर चुकी है। उन्होंने कहा कि कर्नाटक के विद्यालयों में छठी कक्षा से एआई की शिक्षा शुरू की जाएगी। उन्होंने कहा, ‘‘इसी उद्देश्य से आज मैं ‘एआई अक्षर अभियान और कोडिंग गुरुकुल’ नामक एक महत्वपूर्ण कार्यक्रम की घोषणा कर रहा हूं।’’ शिवकुमार ने कहा कि सरकार बेंगलुरु में भारत का पहला सरकारी एआई विश्वविद्यालय स्थापित करने की दिशा में भी काम कर रही है। उन्होंने कहा, ‘‘देश के पहले सरकारी एआई विश्वविद्यालय के लिए पूरी दुनिया भारत की ओर देख रही है। मैं कर्नाटक के बेंगलुरु में एआई विश्वविद्यालय की स्थापना की घोषणा पहले ही कर चुका हूं और इसके लिए कार्यक्रम भी तैयार कर रहा हूं।’’ उन्होंने प्रौद्योगिकी युग के लिए कर्नाटक के युवाओं को तैयार करने के उद्देश्य से विद्यालयों और महाविद्यालयों की गुणवत्ता में सुधार की आवश्यकता पर भी जोर दिया।
सरकारों को जनतांत्रिक बनाए रखने वाले 'हम भारत के लोग...'
चुनी हुई सरकारों की लगाम का एक हिस्सा जनता के हाथ में भी होना चाहिए- कम से कम भारत की आज़ादी की लड़ाई और उसकी लिखित विरासत के रूप में भारत का संविधान तो यही कहता है.
98.67% लाने वाले छात्र को शिक्षक ने कराया दिल्ली दर्शन, खुद भी पहली बार किया सफर
कहते हैं कि जब शिक्षक सही हो, तो वह आपको फर्श से अर्श तक पहुंचा सकता है लेकिन सफलता की ऊंचाइयों तक पहुंचाने के लिए एक शिक्षक किस हद तक जा सकता है इसका उदाहरण रविकांत कटारिया ने पेश की है.आमतौर पर शिक्षक विद्यार्थियों को मन लगाकर पढ़ने और अच्छे अंक हासिल करने के लिए प्रोत्साहित करते हैं लेकिन कोटा के एक सरकारी स्कूल के शिक्षक ने अपने विद्यार्थियों से किया वादा न सिर्फ निभाया बल्कि एक होनहार छात्र के सपनों को उड़ान देने के लिए उसे अपने खर्चे पर दिल्ली की सैर कराई और हवाई जहाज का सफर भी कराया.
15 अगस्त पर बच्चों के लिए हेल्दी तिरंगा स्नैक्स की 5 आसान रेसिपी
इस 15 अगस्त पर बच्चों के चेहरे पर लाएं मुस्कान, ट्राई करें ये 5 झटपट तिरंगा डिशेज, स्वाद और सेहत से हैं भरपूर.
भूकंप से पहले आसमान में सिग्नल भेजती है धरती, सैटेलाइट ने पकड़ी हलचल
क्या बड़े भूकंप से पहले कोई सुराग मिल सकता है? ईरान के 6 बड़े भूकंपों के अध्ययन में सैटेलाइट डेटा ने एक दिलचस्प पैटर्न दिखाया, जहां भूकंप से महीनों पहले चुंबकीय हलचल बढ़ती नजर आई.
ODOC: UP सरकार की पहल, जो हर जिले के पारंपरिक स्वाद को दे रही नई पहचान
UP सरकार की ODOC योजना जिला-स्तरीय पारंपरिक व्यंजनों की पहचान कर उनकी गुणवत्ता, ब्रांडिंग और बाजार तक पहुंच सुनिश्चित कर रही है.
टनल में पानी, बाहर बारिश और अंदर जिंदगी... चमोली में 36 घंटे से चल रहा रेस्क्यू
उत्तराखंड के चमोली में THDC टनल हादसे के बाद रेस्क्यू जारी है. हादसे को 36 घंटे से ज्यादा का वक्त बीत चुका है. टनल के अंदर लगातार आ रहा पानी राहत और बचाव टीमों के लिए चुनौती बना हुआ है. कई पंपिंग मशीनों की मदद से पानी निकालने की कोशिश की जा रही है, लेकिन लगातार पानी आने के कारण हालात मुश्किल बने हुए हैं.
अब बंगाल में चलेगा 'गुजरात मॉडल', लगेंगी बड़ी-बड़ी कंपनियां; शुभेंदु अधिकारी ने ले लिया फैसला
पश्चिम बंगाल सरकार का यह कदम मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी के पिछले महीने दिए गए बयान से काफी अलग माना जा रहा है। जुलाई में उन्होंने कहा था कि उनकी सरकार उद्योगों के लिए सीधे जमीन खरीदेगी और बाद में उसे निजी कंपनियों को हस्तांतरित करेगी।
उपलब्धियों का गौरव, चुनौतियों का सच
स्वतंत्रता के समय भारत एक गरीब और कृषि-प्रधान देश था. खाद्यान्न के लिए विदेशों पर निर्भरता थी, औद्योगिक आधार सीमित था और साक्षरता दर बेहद कम थी. आज तस्वीर पूरी तरह बदल चुकी है. भारत विश्व की प्रमुख अर्थव्यवस्थाओं में शामिल है और दुनिया की चौथी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था के रूप में अपनी पहचान बना चुका है.
आंध्र प्रदेश के विजयवाड़ा स्थित अलंकार होटल में 20 वर्षीय करण सिद्धू संदिग्ध हालात में मृत मिला. परिवार ने आत्महत्या की आशंका पर सवाल उठाते हुए दोस्तों की भूमिका की जांच की मांग की है. पुलिस फोरेंसिक जांच और पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार कर रही है.
लाल किले पहुंचे पीएम मोदी, गार्ड ऑफ ऑनर के साथ समारोह का आगाज
स्वतंत्रता दिवस समारोह के अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी राजघाट पहुंचे. उन्होंने राष्ट्रपिता महात्मा गांधी को नमन किया और देश के स्वतंत्रता सेनानियों को याद किया. जिसके बाद उनका काफिला लाल किला पहुंचा रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह और राज्य रक्षा मंत्री ने पीएम मोदी का स्वागत किया और उन्हें गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया.
बिहार में स्कूल-कॉलेज के बाहर तैनात होंगी 'पुलिस दीदियां', CM सम्राट का बड़ा ऐलान
बिहार में रक्षाबंधन से 5 हजार 'पुलिस दीदियां' स्कूल-कॉलेज के बाहर गश्त करेंगी. सीएम सम्राट चौधरी ने निवेश, स्टार्टअप तथा चीनी मिलों को लेकर भी कई लक्ष्य बताए.
RSS Chief Mohan Bhagwat बोले, भारत को विश्वगुरु बनाने के खिलाफ काम कर रही हैं कई ताकतें
राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) के सरसंघचालक मोहन भागवत ने शनिवार को लोगों से देश को खुशहाल, समृद्ध और सुरक्षित बनाकर भारत की स्वतंत्रता को मजबूत करने का आह्वान किया, ताकि देश दुनिया में सार्थक योगदान दे सके और ‘‘विश्वगुरु’’ बन सके। भागवत ने कहा कि कई लोग और ताकतें इस लक्ष्य के खिलाफ काम कर रही हैं। उन्होंने यह भी कहा कि व्यक्तियों के विचार भिन्न हो सकते हैं, लेकिन यह विविधता एकता को ही व्यक्त करती है। संघ प्रमुख ने नागपुर स्थित संघ मुख्यालय में 80वें स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर तिरंगा फहराने के बाद एक सभा को संबोधित करते हुए लोगों से आग्रह किया कि वे मूल सिद्धांतों से समझौता किए बिना राष्ट्र को मजबूत करें और चुनौतियों का सामना करते हुए इसे ‘‘विश्वगुरु’’ बनाएं। उन्होंने कहा कि स्वतंत्रता दिवस सभी भारतीयों के लिए गर्व एवं उत्सव का विषय है और यदि 1857 से स्वतंत्रता संग्राम की अवधि को देखा जाए, तो देश के पूर्वजों ने आजादी हासिल करने के लिए लगभग 90 वर्षों तक निरंतर बलिदान दिया। भागवत ने हिंदुत्व विचारक वी. डी. सावरकर का उल्लेख करते हुए कहा कि यह नागरिकों का दायित्व है कि स्वतंत्रता से हासिल सभी श्रेष्ठ एवं प्रगतिशील उपलब्धियां राष्ट्र का हिस्सा बनें। भागवत ने कहा, ‘‘जब हम राष्ट्रीय ध्वज फहराते हैं, तो इसके रंग महत्वपूर्ण संदेश देते हैं।’’उन्होंने कहा कि केसरिया रंग कर्म, ज्ञान और त्याग का प्रतीक है। सरसंघचालक ने कहा, ‘‘किसी राष्ट्र की स्वतंत्रता कड़ी मेहनत और बलिदान से हासिल होती है और स्वतंत्रता के बाद यही गुण राष्ट्र को समृद्ध एवं सुरक्षित बनाने में मदद करते हैं। केसरिया रंग लोगों को त्याग और समर्पण की आवश्यकता की याद दिलाता है।’’उन्होंने कहा कि सफेद रंग पवित्रता का प्रतिनिधित्व करता है और लोगों को अनुशासन का पालन करने के लिए प्रेरित करता है तथा निरंतर यह आत्मनिरीक्षण करने के लिए कहता है कि वे इसका पालन कर रहे हैं या नहीं। उन्होंने कहा कि इन प्रयासों का परिणाम समृद्धि है, जिसे ध्वज का हरा रंग दर्शाता है। भागवत ने कहा कि व्यक्ति के रूप में लोग अलग-अलग हैं और इसलिए उनके विचार भी भिन्न हो सकते हैं। उन्होंने कहा, ‘‘हालांकि, यह विविधता भी एकता को ही व्यक्त करती है। अशोक चक्र में कई तीलियां हैं, लेकिन वे सभी एक ही केंद्रीय बिंदु से निकलती हैं।’’भागवत ने कहा कि यह चक्र (अशोक चक्र) व्यक्तिगत और सामाजिक जागरुकता का प्रतिनिधित्व करता है। उन्होंने उल्लेख किया कि इसकी नुकीली तीलियों को धर्म यानी अनुशासन की सीमाओं के भीतर रखा गया है ताकि समाज सुचारू रूप से कार्य करे। भागवत ने कहा, ‘‘हालांकि, हमें राष्ट्र को खुशहाल, समृद्ध एवं सुरक्षित बनाना होगा तथा यह सुनिश्चित करना होगा कि यह दुनिया में अपना उचित योगदान दे लेकिन कई लोग और ताकतें इस लक्ष्य के खिलाफ काम कर रही हैं और हमारे रास्ते में खड़ी हैं। फिर भी, हमें अपने सिद्धांतों को छोड़े बिना दुनियाभर में इन चुनौतियों का सामना करना होगा और भारत को एक ऐसा राष्ट्र बनाना होगा जिसे ‘विश्वगुरु’ के तौर पर देखा जाए।

33 C
