एक्सप्लेनर: बैंक कर्मचारी 28 से 30 सितंबर को क्यों कर रहे हैं हड़ताल, क्या इस महीने देर से आएगी आपकी सैलरी? Explainer: Why Are Bank Employees on Strike from Sept 28-30? Will Your Salary Be Delayed?
नई दिल्ली। राजधानी दिल्ली के प्रमुख थोक और खुदरा बाजारों—चांदनी चौक, सदर बाजार, करोल बाग, कनाट प्लेस और लाजपत नगर—में डिजिटल लेनदेन को लेकर एक नया विवाद खड़ा हो गया है। कभी कैशलेस इकोनॉमी और डिजिटल इंडिया के सबसे बड़े समर्थक रहे कारोबारी अब यूनिफाइड पेमेंट्स इंटरफेस (UPI) और ऑनलाइन पेमेंट प्लेटफॉर्म्स की कार्यप्रणाली से बेहद नाराज हैं। व्यापारियों की शीर्ष संस्था चैंबर ऑफ ट्रेड एंड इंडस्ट्री (CTI) और अन्य प्रमुख व्यापारिक संगठनों ने इस नाराजगी को जाहिर करने के लिए 2 अक्टूबर यानी गांधी जयंती के अवसर पर दिल्ली के बाजारों में 'कैश डे' (Cash Day) मनाने का आह्वान किया है। व्यापारियों ने इस दिन आम ग्राहकों से अपील की है कि वे ऑनलाइन क्यूआर कोड स्कैन करने के बजाय केवल नकद नोटों में भुगतान करें।व्यापारियों का कहना है कि यह कदम डिजिटल क्रांति के विरोध में नहीं, बल्कि फिनटेक कंपनियों, बैंकों और सरकार का ध्यान उन गंभीर तकनीकी और वित्तीय खामियों की तरफ खींचने के लिए एक सांकेतिक विरोध प्रदर्शन है, जिनकी वजह से रोजमर्रा के व्यापार में दुकानदारों को भारी आर्थिक चपत लग रही है।दिल्ली के व्यापारियों में UPI को लेकर क्यों बढ़ रही है नाराजगीव्यापारियों के अनुसार, जमीनी स्तर पर यूपीआई से लेन-देन करना अब सहूलियत के बजाय आर्थिक जोखिम और मानसिक परेशानी का कारण बनता जा रहा है। नाराजगी के प्रमुख कारण निम्नलिखित हैं:फर्जी स्क्रीनशॉट और 'फेक पेमेंट' का बढ़ता जाल: कई शातिर ग्राहक दुकान से सामान लेने के बाद मोबाइल पर एडिट किया हुआ फर्जी पेमेंट स्क्रीनशॉट या फेक पेमेंट ऐप का इस्तेमाल करके भुगतान का मैसेज दिखा देते हैं। भीड़भाड़ के समय दुकानदार बिना खाते में बैलेंस चेक किए सामान दे देते हैं, जिससे उन्हें सीधा नुकसान उठाना पड़ता है।बैंक खातों का अचानक फ्रीज होना (Cyber Crime Freeze): व्यापारियों की सबसे बड़ी चिंता यह है कि यदि किसी साइबर ठग या संदिग्ध व्यक्ति ने दुकान के क्यूआर कोड पर मात्र ₹100 या ₹500 का भुगतान कर दिया, तो पुलिस और साइबर सेल उस पूरे लेन-देन की चेन को ट्रैक करते हुए निर्दोष दुकानदार का पूरा चालू खाता (Current Account) ही सील या फ्रीज कर देती है। खाता बंद होने से दुकानदारों का लाखों रुपये का नियमित व्यापार और चेक भुगतान अटक जाता है।बैंकों द्वारा करंट अकाउंट पर अतिरिक्त चार्ज: अधिकांश बैंकों ने चालू खातों में एक निश्चित सीमा से अधिक यूपीआई ट्रांजैक्शन होने पर हिडन चार्ज और प्रोसेसिंग फीस लगाना शुरू कर दिया है। इसके अलावा बैंक सर्वर डाउन रहने के कारण लेन-देन बीच में अटक जाते हैं (Transaction Pending) और पैसा 24 से 48 घंटे तक होल्ड पर चला जाता है।साउंडबॉक्स का भारी मासिक रेंटल: डिजिटल पेमेंट कंपनियों द्वारा पेमेंट अलर्ट के लिए दिए जाने वाले साउंडबॉक्स (Soundbox) के नाम पर ₹125 से ₹150 प्रति माह का शुल्क वसूला जा रहा है, जो छोटे दुकानदारों के लिए अनावश्यक बोझ बन चुका है।2 अक्टूबर गांधी जयंती को लेकर व्यापारियों की क्या है अपीलचैंबर ऑफ ट्रेड एंड इंडस्ट्री (CTI) के अध्यक्ष बृजेश गोयल और दिल्ली के विभिन्न मार्केट एसोसिएशनों के प्रतिनिधियों ने साझा बैठक कर 2 अक्टूबर को लेकर स्पष्ट दिशा-निर्देश तय किए हैं:'कैश डे' के रूप में मनाएं दिन: 2 अक्टूबर को राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की जयंती के अवसर पर सभी व्यापारी अपनी दुकानों पर प्रतीकात्मक रूप से केवल नकद भुगतान स्वीकार करेंगे और ग्राहकों से भी नकद लेन-देन में सहयोग की अपील करेंगे।दुकानों पर लगाए जाएंगे पोस्टर: दिल्ली के बाजारों में जागरूकता के लिए पोस्टर लगाए जाएंगे जिन पर लिखा होगा—डिजिटल ठगी और बैंक चार्ज से मुक्ति के लिए आज कैश में भुगतान करें।गांधीवादी सांकेतिक विरोध: व्यापारी नेताओं का कहना है कि जिस तरह गांधी जी ने स्वदेशी और आत्मनिर्भरता का संदेश दिया था, उसी तर्ज पर व्यापारी अपनी सुरक्षा और अधिकारों के लिए यह एक दिन का अहिंसक व सांकेतिक सत्याग्रह करेंगे। इसका उद्देश्य ग्राहकों को परेशान करना नहीं, बल्कि नियामक संस्थाओं की आंखें खोलना है।सरकार, RBI और NPCI से व्यापारियों की प्रमुख मांगेंव्यापारी संगठनों ने भारतीय रिजर्व बैंक (RBI), वित्त मंत्रालय और नेशनल पेमेंट्स कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया (NPCI) को ज्ञापन भेजकर तुरंत हस्तक्षेप करने की मांग की है:खाता फ्रीज करने के नियमों में ढिलाई: किसी संदिग्ध लेन-देन के मामले में केवल विवादित राशि (Disputed Amount) को ही होल्ड किया जाए, न कि व्यापारी के पूरे चालू खाते को बिना नोटिस सील किया जाए।कड़े साइबर सुरक्षा मानक और त्वरित समाधान: फेक पेमेंट ऐप्स और स्क्रीनशॉट फ्रॉड को रोकने के लिए रियल-टाइम वॉयस ऑथेंटिकेशन और सुरक्षा फीचर्स को मजबूत किया जाए।करंट अकाउंट पर यूपीआई चार्ज की समाप्ति: छोटे और मध्यम व्यापारियों के चालू खातों पर बैंकों द्वारा लगाए जाने वाले सभी प्रकार के हिडन चार्जेस को तुरंत वापस लिया जाए।दिल्ली के बाजारों में 2 अक्टूबर को आयोजित होने वाला यह 'कैश डे' अभियान डिजिटल इंडिया के बुनियादी ढांचे में सुधार और व्यापारियों की सुरक्षा को लेकर एक बड़ा राष्ट्रीय मुद्दा बनता दिख रहा है।
नई दिल्ली। विदेश यात्रा के दौरान भारी-भरकम मोबाइल बिल का डर या एयरपोर्ट पर उतरते ही लोकल सिम कार्ड खरीदने की भागदौड़ अब पुरानी बात होने जा रही है। देश की प्रमुख टेलीकॉम ऑपरेटर वोडाफोन आइडिया लिमिटेड (Vodafone Idea - Vi) ने अपने ग्राहकों के लिए एक बड़ा और क्रांतिकारी ऐलान किया है। कंपनी ने अपनी नई ब्रांड थीम 'Vi पे सब हैं VIP' और 'Roam Like Home' पहल के तहत चुनिंदा प्रीपेड, पोस्टपेड और एंटरप्राइज (कॉर्पोरेट) प्लान्स के साथ इनबिल्ट यानी मुफ्त इंटरनेशनल रोमिंग की सुविधा देने की घोषणा की है।इस घोषणा के बाद अब भारतीय यात्रियों को किसी दूसरे देश में जाने पर अलग से महंगे इंटरनेशनल रोमिंग (IR) पैक खरीदने की जरूरत नहीं होगी। ग्राहक अपने मौजूदा भारतीय नंबर से ही विदेश में इंटरनेट डेटा, आउटगोइंग और इनकमिंग कॉलिंग की सुविधा का लाभ उठा सकेंगे। टेलीकॉम विशेषज्ञों के अनुसार, वोडाफोन-आइडिया का यह कदम रिलायंस जियो और भारती एयरटेल के मुकाबले ग्राहकों को अपनी ओर खींचने और प्रीमियम यूजर बेस को मजबूत करने के लिए एक बड़ा रणनीतिक दांव साबित होगा।'Roam Like Home' क्या है और किन देशों में मिलेगी यह सुविधाआमतौर पर विदेश जाते ही यात्रियों का सबसे बड़ा दर्द यह होता है कि वे अत्यधिक बिल के डर से मोबाइल डेटा बंद कर देते हैं और केवल होटल के वाई-फाई पर निर्भर रहते हैं। इससे बैंक ट्रांजैक्शन के ओटीपी (OTP), जरूरी बिजनेस ईमेल और गूगल मैप्स जैसी बुनियादी सेवाएं बाधित हो जाती हैं।वीआई की इस नई सुविधा के तहत ग्राहक दुनिया के 170 से अधिक देशों में अपने भारतीय नंबर को बिना किसी रुकावट के इस्तेमाल कर सकेंगे। इन देशों में अमेरिका, ब्रिटेन, यूएई, सिंगापुर, थाईलैंड, यूरोप और ऑस्ट्रेलिया जैसे सभी प्रमुख पर्यटन और व्यापारिक केंद्र शामिल हैं। कंपनी का दावा है कि इस इनबिल्ट रोमिंग फीचर से बार-बार विदेश यात्रा करने वाले ग्राहकों को सालाना लगभग ₹9,000 तक की सीधी बचत होगी।किन यूजर्स को मिलेगा फ्री इंटरनेशनल रोमिंग का फायदाकंपनी ने स्पष्ट किया है कि यह लाभ हर सामान्य बेसिक प्लान पर नहीं, बल्कि चुनिंदा प्रीमियम और लॉन्ग-टर्म प्लान्स के साथ बंडल किया गया है:पोस्टपेड ग्राहक (Postpaid Users): ₹501 और उससे अधिक के मासिक पोस्टपेड प्लान्स (जिसमें लोकप्रिय REDX और अन्य प्रीमियम व्यक्तिगत व फैमिली प्लान्स शामिल हैं) लेने वाले ग्राहकों को यह सुविधा बंडल होकर मिलेगी।प्रीपेड ग्राहक (Prepaid Users): जो ग्राहक वीआई के एनुअल (वार्षिक 365 दिन वाले) अनलिमिटेड डेटा प्रीपेड पैक्स का उपयोग करते हैं, उन्हें इस फ्री इंटरनेशनल रोमिंग का फायदा मिलेगा।एंटरप्राइज व कॉर्पोरेट ग्राहक (Enterprise Customers): कॉर्पोरेट और बिजनेस अकाउंट्स के लिए ₹451 से शुरू होने वाले एंटरप्राइज पोस्टपेड प्लान्स में यह इनबिल्ट रोमिंग फीचर दिया गया है।सालाना ट्रिप्स की सीमा: प्लान की श्रेणी के आधार पर ग्राहक एक साल में अधिकतम 3 अंतरराष्ट्रीय यात्राओं (Up to 3 Trips per year) के लिए इस फ्री रोमिंग कोटे का उपयोग कर सकते हैं। प्रत्येक ट्रिप के लिए निर्धारित डेटा कोटा और फ्री आउटगोइंग कॉलिंग मिनट्स प्लान के अनुसार तय होंगे।कैसे एक्टिवेट करें फ्री इंटरनेशनल रोमिंग: स्टेप-बाय-स्टेप तरीकायदि आप वीआई के योग्य प्लान का इस्तेमाल कर रहे हैं और विदेश यात्रा की योजना बना रहे हैं, तो इसे शुरू करने की प्रक्रिया बेहद सरल और डिजिटल है:सबसे पहले अपने स्मार्टफोन में गूगल प्ले स्टोर या एप्पल ऐप स्टोर से Vi App को लेटेस्ट वर्जन में अपडेट करें।ऐप में अपने वीआई नंबर से लॉग इन करें और होम स्क्रीन पर दिए गए 'Roam-Free' या इंटरनेशनल रोमिंग विकल्प पर जाएं।अपनी यात्रा का गंतव्य देश (Destination Country) और यात्रा की तारीखें दर्ज करें।यदि आपका प्लान इस सुविधा के लिए पात्र है, तो स्क्रीन पर फ्री इनबिल्ट रोमिंग एक्टिवेशन का विकल्प दिखाई देगा।'Activate' पर क्लिक करते ही आपकी अंतरराष्ट्रीय रोमिंग सेवा सक्षम हो जाएगी और दूसरे देश के एयरपोर्ट पर लैंड करते ही आपका फोन वहां के स्थानीय पार्टनर नेटवर्क से ऑटोमैटिक कनेक्ट हो जाएगा।एयरटेल और जियो से मुकाबले के बीच वीआई का आक्रामक दांवटेलीकॉम सेक्टर में 5G नेटवर्क विस्तार और पूंजी जुटाने की प्रक्रिया के बीच वोडाफोन-आइडिया ने अपने ग्राहकों को रोकने (Customer Retention) के लिए लाइफस्टाइल और ट्रैवल आधारित वैल्यू-एडेड सेवाओं पर जोर दिया है। वीआई के मुख्य विपणन अधिकारी (CMO) अवनीश खोसला के अनुसार, अब तक अंतरराष्ट्रीय रोमिंग को महंगा और जटिल माना जाता था, लेकिन कंपनी ने इसे 'बाय रोमिंग' से बदलकर 'योर नंबर ट्रेवल्स विद यू फॉर फ्री' की नई सोच में बदल दिया है।विदेशी दौरों पर जाने वाले छात्रों, कॉर्पोरेट प्रोफेशनल्स और पर्यटकों के लिए बिना सिम बदले अपने भारतीय नंबर पर बैंक ओटीपी पाना और अपनों से जुड़े रहना अब बिना किसी अतिरिक्त बिल के संभव हो सकेगा।
नई दिल्ली। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स—व्हाट्सएप, फेसबुक और यूट्यूब—पर पिछले कुछ दिनों से एक सनसनीखेज दावा तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें कहा जा रहा है कि अगर आपने 25 सितंबर तक अपने ड्राइविंग लाइसेंस (DL) से मोबाइल नंबर अपडेट या लिंक नहीं किया, तो आपका लाइसेंस तत्काल प्रभाव से रद्द या सस्पेंड कर दिया जाएगा। इस भ्रामक संदेश ने देशभर के करोड़ों वाहन चालकों और लाइसेंस धारकों के बीच भारी असमंजस और डर पैदा कर दिया है। लोग हड़बड़ी में आरटीओ कार्यालयों के चक्कर काटने लगे हैं और ऑनलाइन साइबर कैफे पर भीड़ उमड़ रही है। लेकिन इस पूरे माजरे की जमीनी हकीकत बिल्कुल अलग है। केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय (MoRTH) और प्रादेशिक परिवहन कार्यालयों (RTO) के आधिकारिक रिकॉर्ड के मुताबिक, सरकार ने ऐसा कोई देशव्यापी आदेश या डेडलाइन जारी नहीं की है।मंत्रालय और 'सारथी-परिवहन' (Sarathi Parivahan) पोर्टल से जुड़ी आधिकारिक जानकारी के अनुसार, 25 सितंबर या 26 सितंबर 2026 ऐसी कोई अंतिम तारीख नहीं थी, जिसके बीत जाने पर किसी भी नागरिक का ड्राइविंग लाइसेंस अपने आप अमान्य या सस्पेंड हो जाए। यह वायरल दावा दरअसल एक सामान्य सरकारी गाइडलाइन और जागरूकता अभियान को तोड़-मरोड़ कर पेश की गई एक 'अफवाह' है।क्या है वायरल मैसेज का असली माजरा और कहां से फैली यह अफवाहइस पूरी अफवाह की जड़ में दो अलग-अलग बातें हैं, जिन्हें सोशल मीडिया पर एक साथ मिलाकर सनसनी बना दिया गया। पहली बात यह है कि सड़क परिवहन मंत्रालय काफी समय से सभी वाहन स्वामियों और लाइसेंस धारकों को अपने संपर्क विवरण (विशेषकर मोबाइल नंबर) 'सारथी' (Sarathi) और 'वाहन' (Vahan) डेटाबेस में अपडेट रखने की सामान्य सलाह दे रहा है। दूसरी बात यह कि कुछ राज्यों के स्थानीय सर्किलों में डेटा शुद्धिकरण (Data Clean-up) की आंतरिक प्रक्रिया चल रही थी, जिसे कुछ सोशल मीडिया क्रिएटर्स ने 25 सितंबर की सख्त डेडलाइन और 'लाइसेंस कैंसिलेशन' की चेतावनी बनाकर वायरल कर दिया।देश के कई आरटीओ (जैसे भोपाल व अन्य संभागीय परिवहन कार्यालयों) ने इस पर स्पष्टीकरण देते हुए कहा है कि विभाग की तरफ से जनता को ऐसा कोई एसएमएस या व्हाट्सएप संदेश नहीं भेजा गया है, जिसमें 25 सितंबर तक नंबर अपडेट न करने पर लाइसेंस रद्द करने की धमकी दी गई हो। इसलिए यदि आपके पास भी ऐसा कोई फॉरवर्डेड मैसेज आया है, तो घबराने की बिल्कुल जरूरत नहीं है। आपका ड्राइविंग लाइसेंस पूरी तरह सुरक्षित और वैध है।सरकार का असली आदेश क्या है और मोबाइल नंबर लिंक करना क्यों जरूरी हैभले ही 25 सितंबर की कोई बाध्यकारी या दंडात्मक डेडलाइन नहीं है, लेकिन अपने ड्राइविंग लाइसेंस में चालू मोबाइल नंबर अपडेट रखना व्यावहारिक दृष्टि से बेहद आवश्यक और फायदेमंद है।पुराने कागजी और चिप वाले लाइसेंस: भारत में लाखों लोगों के पास 10 से 15 साल पुराने ड्राइविंग लाइसेंस हैं। उस समय या तो मोबाइल नंबर दर्ज नहीं किए जाते थे, या लोगों के पुराने नंबर अब बंद हो चुके हैं।ओटीपी आधारित फेसलेस सेवाएं (Faceless Services): आज परिवहन विभाग की 90% से अधिक सेवाएं ऑनलाइन और कॉन्टैक्टलेस हो चुकी हैं। लाइसेंस का नवीनीकरण (Renewal), डुप्लीकेट लाइसेंस, पते में बदलाव, इंटरनेशनल ड्राइविंग परमिट (IDP) या वाहन ट्रांसफर जैसे सभी काम आधार और मोबाइल ओटीपी के जरिए होते हैं। यदि आपका सही नंबर लिंक नहीं होगा, तो आप इन डिजिटल सेवाओं का लाभ घर बैठे नहीं ले पाएंगे।ई-चालान और अदालती नोटिस: ट्रैफिक नियमों के उल्लंघन पर कटने वाले वर्चुअल चालान, स्पीड कैमरों के अलर्ट और आरटीओ नोटिस सीधे रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर पर एसएमएस के माध्यम से भेजे जाते हैं। नंबर लिंक न होने पर चालान की जानकारी नहीं मिल पाती और मामला बिना जानकारी के लोक अदालत या कोर्ट तक पहुंच जाता है।घर बैठे 2 मिनट में अपने मोबाइल से कैसे चेक और अपडेट करें फोन नंबरयदि आपके ड्राइविंग लाइसेंस में मोबाइल नंबर दर्ज नहीं है या पुराना नंबर बंद हो चुका है, तो इसके लिए आपको किसी आरटीओ दफ्तर जाने या दलालों को पैसे देने की कोई आवश्यकता नहीं है। आप स्वयं भारत सरकार के आधिकारिक परिवहन पोर्टल से इसे आसानी से अपडेट कर सकते हैं:सबसे पहले सड़क परिवहन मंत्रालय की आधिकारिक वेबसाइट parivahan.gov.in पर जाएं।होमपेज पर दिए गए 'Drivers / Learners License' के विकल्प पर क्लिक करें और अपने राज्य का चयन करें।स्क्रीन पर कई सेवाओं का मेनू खुलेगा; वहां नेविगेशन बार में 'Others' या 'Services' टैब में जाकर 'Update Mobile Number' के विकल्प को चुनें।इसके बाद संबंधित कैटेगरी (Driving Licence / Learner Licence / Conductor Licence) चुनें।अपना ड्राइविंग लाइसेंस नंबर और जन्मतिथि (Date of Birth) दर्ज करके 'Submit' पर क्लिक करें।स्क्रीन पर आपका पुराना रिकॉर्ड दिख जाएगा। इसके बाद अपना नया आधार-लिंक्ड मोबाइल नंबर दर्ज करें और कारण (Reason for change) दर्ज करें।आपके नए मोबाइल नंबर पर एक वन-टाइम पासवर्ड (OTP) आएगा। ओटीपी दर्ज कर प्रमाणित करते ही आपका नया नंबर सफलतापूर्वक 'सारथी' डेटाबेस में अपडेट हो जाएगा।ऑनलाइन ठगी और फर्जी लिंक से रहें सावधानइस वायरल खबर के बीच साइबर सुरक्षा विशेषज्ञों ने एक नई चेतावनी भी जारी की है। साइबर ठग इस अफवाह का फायदा उठाकर लोगों को फर्जी एसएमएस और व्हाट्सएप मैसेज भेज रहे हैं, जिनमें लिखा होता है—आपका लाइसेंस 25 सितंबर को ब्लॉक हो जाएगा, तुरंत इस लिंक पर क्लिक करके 50 रुपये में नंबर अपडेट करें।नागरिकों को ध्यान रखना चाहिए कि परिवहन विभाग कभी भी किसी व्यक्तिगत मोबाइल नंबर से अनधिकृत लिंक भेजकर पैसे या बैंक डिटेल नहीं मांगता। किसी भी प्रकार के अपडेट के लिए केवल आधिकारिक पोर्टल parivahan.gov.in या भारत सरकार के अधिकृत mParivahan ऐप का ही उपयोग करें। 25 सितंबर की तथाकथित डेडलाइन एक अफवाह मात्र है, लेकिन अपने संपर्क विवरण को सुरक्षित भविष्य के लिए अपडेट रखना एक समझदारी भरा कदम है।
नई दिल्ली। भारत में यूनिफाइड पेमेंट्स इंटरफेस (UPI) के जरिए रोजाना करोड़ों वित्तीय लेनदेन हो रहे हैं, लेकिन इसके वित्तीय मॉडल और जीरो-एमडीआर (Zero MDR) नीति को लेकर देश के शीर्ष उद्यमियों और नीति-निर्माताओं के बीच तीखी बहस छिड़ गई है। इसी कड़ी में शादी डॉट कॉम (Shaadi.com) और पीपुल ग्रुप के संस्थापक व प्रमुख एंजेल निवेशक अनुपम मित्तल (Anupam Mittal) ने बड़ा बयान देते हुए कहा है कि यूपीआई पर मर्चेंट डिस्काउंट रेट (MDR) को टैक्स बताना पूरी तरह गलत और भ्रामक है। मित्तल के अनुसार, विश्वस्तरीय डिजिटल पब्लिक इंफ्रास्ट्रक्चर को लंबे समय तक सुरक्षित, आधुनिक और आत्मनिर्भर बनाए रखने के लिए बुनियादी लागत निकालना आवश्यक है। इसके साथ ही उन्होंने पेमेंट्स मार्केट में सिंगल-प्वाइंट जोखिम खत्म करने के लिए देश में कम से कम '5 NPCI' जैसी संस्थाएं खड़ी करने का अनूठा फॉर्मूला पेश किया है।वर्तमान में भारत सरकार और भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) के नियमों के तहत आम व्यक्ति-से-व्यक्ति (P2P) और व्यक्ति-से-व्यापारी (P2M) यूपीआई भुगतानों पर शून्य एमडीआर नीति लागू है। इसका अर्थ यह है कि छोटे दुकानदारों या बड़े मर्चेंट्स से यूपीआई के माध्यम से पैसे स्वीकार करने पर कोई प्रोसेसिंग फीस नहीं ली जाती। फिनटेक कंपनियों और बैंकों का तर्क रहा है कि सर्वर मेंटेनेंस, साइबर सुरक्षा, फ्रॉड प्रिवेंशन और नवाचार के लिए अरबों रुपये खर्च होते हैं, लेकिन रेवेन्यू मॉडल न होने के कारण यह इकोसिस्टम लगातार घाटे में चल रहा है। जब भी इस पर मामूली शुल्क लगाने की चर्चा होती है, तो उसे 'डिजिटल टैक्स' कहकर विरोध शुरू हो जाता है। अनुपम मित्तल ने इसी नैरेटिव को सिरे से खारिज किया है।MDR कोई टैक्स नहीं बल्कि सेवा की लागत है: अनुपम मित्तल का स्पष्ट तर्कअनुपम मित्तल ने सोशल मीडिया और सार्वजनिक मंचों पर अपनी राय रखते हुए स्पष्ट किया कि टैक्स सरकार द्वारा सार्वजनिक कल्याण के लिए वसूला जाने वाला अनिवार्य शुल्क होता है, जबकि एमडीआर एक उच्च-स्तरीय तकनीकी सेवा के बदले लिया जाने वाला सर्विस चार्ज है। जब कोई व्यापारी कार्ड स्वाइप मशीन (POS) लगाता है, तो वह क्रेडिट कार्ड या डेबिट कार्ड पर 1% से 2% तक का शुल्क खुशी-खुशी देता है क्योंकि उसे नकदी संभालने, चोरी होने या बैंक में जमा करने की झंझट से मुक्ति मिलती है।मित्तल का कहना है कि जब व्यापारी को रियल-टाइम में सेकंडों के भीतर सीधे बैंक खाते में भुगतान मिल रहा है, तो उस तकनीकी पाइपलाइन को चलाने वाले बैंकों, पेमेंट एग्रीगेटर्स और फिनटेक ऐप्स को न्यूनतम शुल्क मिलना उनका जायज व्यावसायिक अधिकार है। इसे सरकारी टैक्स का नाम देकर आम जनता और व्यापारियों को डराना आर्थिक रूप से अनुचित है। बिना किसी स्थायी राजस्व मॉडल के कोई भी प्राइवेट या पब्लिक नेटवर्क लंबे समय तक आधुनिक तकनीकी क्षमताओं और साइबर हमलों का मुकाबला नहीं कर सकता।सिंगल प्लेयर रिस्क खत्म करने के लिए चाहिए '5 NPCI' का नेटवर्कमौजूदा समय में भारत के पूरे रिटेल पेमेंट इकोसिस्टम का संचालन नेशनल पेमेंट्स कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया (NPCI) के कंधों पर है। यूपीआई, आईएमपीएस, रुपे (RuPay), आधार इनेबल्ड पेमेंट सिस्टम (AePS) और फास्टैग जैसी सभी महत्वपूर्ण प्रणालियों का प्रबंधन अकेले एनपीसीआई करता है। अनुपम मित्तल ने इस व्यवस्था में छुपे प्रणालीगत जोखिम (Systemic Risk) की ओर इशारा करते हुए एक क्रांतिकारी सुझाव दिया है।एकाधिकार और सुरक्षा जोखिम: मित्तल के अनुसार, जब 140 करोड़ लोगों का पूरा डिजिटल लेनदेन एक ही केंद्रीय तंत्र से होकर गुजरता है, तो सर्वर डाउनटाइम, तकनीकी गड़बड़ी या बड़े साइबर हमले की स्थिति में पूरी राष्ट्रीय अर्थव्यवस्था कुछ घंटों के लिए थम सकती है।प्रतिस्पर्धा से नवाचार: उन्होंने सुझाव दिया कि देश में एनपीसीआई जैसी कम से कम 4 से 5 स्वतंत्र लेकिन इंटर-ऑपरेबल संस्थाएं (New Umbrella Entities - NUEs) होनी चाहिए। जब कई संस्थाएं बाजार में प्रतिस्पर्धा करेंगी, तो लेन-देन की लागत घटेगी, तकनीकी नवाचार में तेजी आएगी और बैकअप इंफ्रास्ट्रक्चर स्वतः तैयार हो जाएगा।फिनटेक कंपनियों को राहत: बहु-संस्थागत ढांचे से स्टार्टअप्स और फिनटेक कंपनियों को नए फीचर्स विकसित करने की आजादी मिलेगी और वे केवल एक नियामक एजेंसी की नीतियों पर निर्भर नहीं रहेंगे।न्यू अम्ब्रेला एंटिटी (NUE) लाइसेंसिंग पर फिर से विचार की मांगअनुपम मित्तल का यह बयान ऐसे समय आया है जब रिजर्व बैंक द्वारा कुछ साल पहले प्रस्तावित न्यू अम्ब्रेला एंटिटी (NUE) का विचार ठंडे बस्ते में चला गया था। उस समय टाटा ग्रुप, रिलायंस, पेटीएम और एसबीआई जैसे बड़े दिग्गजों ने एनपीसीआई के समानांतर डिजिटल पेमेंट नेटवर्क बनाने के लिए कंसोर्टियम बनाकर आवेदन किया था, लेकिन बाद में नियामक स्तर पर कोई अंतिम निर्णय नहीं लिया गया।मित्तल का मानना है कि अब समय आ गया है जब सरकार और आरबीआई को इस नीति की दोबारा समीक्षा करनी चाहिए। भारत की डिजिटल अर्थव्यवस्था अब खरबों डॉलर के स्तर को छूने जा रही है। ऐसे में सिंगल पॉइंट ऑफ फेल्योर (SPOF) से बचने के लिए मल्टी-ऑपरेटर मॉडल देश की आर्थिक संप्रभुता और सुरक्षा दोनों के लिए अनिवार्य कदम बन चुका है।छोटे व्यापारियों और आम उपभोक्ताओं पर क्या असर पड़ेगाइस पूरे विवाद में सबसे बड़ा सवाल यह उठता है कि यदि यूपीआई पर एमडीआर या कोई न्यूनतम शुल्क लागू होता है, तो क्या आम नागरिकों की जेब पर बोझ पड़ेगा? उद्योग जगत के विशेषज्ञों और स्वयं अनुपम मित्तल के तर्कों के अनुसार, इसका ढांचा बेहद संतुलित होना चाहिए:P2P ट्रांसफर हमेशा फ्री: एक आम नागरिक द्वारा अपने परिजन या दोस्त को किए जाने वाले सामान्य बैंक ट्रांसफर पर कभी कोई शुल्क नहीं लगना चाहिए।छोटे रेहड़ी-पटरी वालों को पूर्ण छूट: 2,000 या 5,000 रुपये तक के छोटे क्यूआर कोड लेनदेन को शून्य-एमडीआर के दायरे में ही रखा जाना चाहिए ताकि डिजिटल इंडिया की जमीनी पहुंच प्रभावित न हो।बड़े मर्चेंट्स और कॉर्पोरेट्स पर नाममात्र शुल्क: बड़े सुपरमार्केट्स, ई-कॉमर्स कंपनियों, एयरलाइंस और पेट्रोल पंपों जैसे बड़े वॉल्यूम वाले व्यापारियों से 0.1% से 0.3% का मामूली टियर-बेस्ड शुल्क लिया जा सकता है, जो क्रेडिट कार्ड की तुलना में बेहद सस्ता होगा और नेटवर्क को आर्थिक रूप से मजबूत बनाएगा।अनुपम मित्तल के इस '5 NPCI' और 'एमडीआर बनाम टैक्स' के बयान ने भारतीय फिनटेक जगत में एक नई और स्वस्थ आर्थिक बहस को जन्म दे दिया है, जो आने वाले दिनों में डिजिटल पेमेंट्स की दीर्घकालिक नीतियों को नई दिशा दे सकती है।
जल संरक्षण को जनभागीदारी से जोड़ें: CR Patil ने कहा- IIWW की तकनीकें जमीन पर उतारना जरूरी
केंद्रीय जल शक्ति मंत्री सी. आर. पाटिल ने शुक्रवार को कहा कि जल संरक्षण एक साझा जिम्मेदारी है और ‘भारत अंतरराष्ट्रीय जल सप्ताह’ (आईआईडब्ल्यूडब्ल्यू) के दौरान रखे गए विचारों और प्रौद्योगिकियों को धरातल पर ठोस परियोजनाओं के रूप में लागू किया जाना चाहिए। यहां भारत मंडपम में पाटिल ने भारत अंतरराष्ट्रीय जल सप्ताह के नौवें संस्करण के समापन सत्र को संबोधित करते हुए कहा कि कार्यक्रम के दौरान हुए विचार-विमर्श से तीन महत्वपूर्ण बातें सामने आई हैं-जल संरक्षण में जनभागीदारी का महत्व, विज्ञान एवं नयी प्रौद्योगिकी का लाभ जमीनी स्तर तक पहुंचाना और देशों तथा संस्थानों के बीच सहयोग को मजबूत करना। पाटिल ने कहा, ‘‘जल सुरक्षा केवल सरकार की जिम्मेदारी नहीं है। यह हम सभी की साझा जिम्मेदारी है।’’उन्होंने कहा कि जल जीवन मिशन, नमामि गंगे, स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण) और जल संचय जन भागीदारी जैसी पहल से मिले अनुभव बताते हैं कि जब सरकार और समाज मिलकर काम करते हैं, तो ठोस परिणाम हासिल किए जा सकते हैं। पाटिल ने कहा कि कार्यक्रम में विज्ञान, कार्यप्रणाली, डेटा और नयी प्रौद्योगिकी की भूमिका पर भी चर्चा की गई। उन्होंने कहा कि ऐसी प्रौद्योगिकियां केवल प्रस्तुतियों और चर्चाओं तक सीमित नहीं रहनी चाहिए, बल्कि इन्हें बड़े पैमाने पर धरातल पर लागू किया जाना चाहिए।
नई दिल्ली/मुंबई। देश के सबसे बड़े सरकारी वाणिज्यिक बैंक, भारतीय स्टेट बैंक (SBI) ने अपने 50 करोड़ से अधिक खाताधारकों के लिए बड़ी राहत की घोषणा की है। यूनाइटेड फोरम ऑफ बैंक यूनियंस (UFBU) द्वारा 28 से 30 सितंबर 2026 तक प्रस्तावित तीन दिवसीय देशव्यापी बैंक हड़ताल के मद्देनजर एसबीआई ने सभी एटीएम ट्रांजैक्शन चार्ज (ATM Transaction Charges) को पूरी तरह माफ कर दिया है। इस घोषणा के तहत 28 सितंबर से 30 सितंबर तक एसबीआई ग्राहक न केवल अपने बैंक के एटीएम, बल्कि भारत में किसी भी अन्य बैंक के एटीएम से भी बिना कोई अतिरिक्त शुल्क चुकाए नकदी की निकासी कर सकेंगे। त्योहारों के सीजन और महीने के आखिरी दिनों में होने वाली नकदी की जरूरत को देखते हुए बैंक का यह कदम आम जनता, व्यापारियों और नौकरीपेशा वर्ग के लिए जीवनदायिनी साबित होगा।सामान्य दिनों में भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) के नियमों के अनुसार मेट्रो शहरों में 3 और गैर-मेट्रो शहरों में 5 मुफ्त मासिक लेनदेन के बाद अन्य बैंक के एटीएम से पैसे निकालने पर प्रति ट्रांजैक्शन 21 रुपये प्लस जीएसटी का शुल्क देना पड़ता है। लेकिन इस तीन दिवसीय छूट के दौरान मासिक फ्री लिमिट समाप्त होने के बावजूद ग्राहकों पर कोई चार्ज नहीं लगाया जाएगा। एसबीआई प्रबंधन ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' (पूर्व में ट्विटर) पर स्पष्ट किया कि हड़ताल की अवधि के दौरान नागरिकों को कैश संकट से बचाने और निर्बाध बैंकिंग सेवाएं सुनिश्चित करने के लिए यह आपातकालीन छूट दी गई है।28 से 30 सितंबर तक किसी भी बैंक के एटीएम से मिलेगा मुफ्त कैशभारतीय स्टेट बैंक के इस फैसले की सबसे खास बात यह है कि ग्राहकों को पैसे निकालने के लिए केवल एसबीआई के एटीएम ढूंढने की बाध्यता नहीं होगी। यदि किसी इलाके में एसबीआई का एटीएम खाली हो जाता है या उसमें लंबी कतार लगी है, तो ग्राहक पंजाब नेशनल बैंक, बैंक ऑफ बड़ौदा, केनरा बैंक, एचडीएफसी बैंक या आईसीआईसीआई बैंक समेत किसी भी शेड्यूल्ड कमर्शियल बैंक के एटीएम बूथ में जाकर अपना एसबीआई डेबिट कार्ड स्वाइप कर सकते हैं।इस तीन दिवसीय अवधि में फाइनेंशियल (कैश विड्रॉल) और नॉन-फाइनेंशियल (बैलेंस इन्क्वायरी, मिनी स्टेटमेंट, पिन चेंज) दोनों प्रकार के लेनदेन पर लागू होने वाले इंटरचेंज और सर्विस शुल्क को बैंक खुद वहन करेगा। बैंक ने स्पष्ट किया है कि ग्रामीण और अर्ध-शहरी इलाकों में जहां बैंक शाखाएं हड़ताल से प्रभावित हो सकती हैं, वहां रहने वाले खाताधारकों को नकदी के लिए भटकना न पड़े, इसी उद्देश्य से इंटर-ऑपरेबल एटीएम नेटवर्क को पूरी तरह निशुल्क किया गया है।क्यों हो रही है तीन दिवसीय देशव्यापी बैंक हड़तालयह पूरी स्थिति बैंक यूनियनों की राष्ट्रव्यापी हड़ताल के आह्वान के बाद उत्पन्न हुई है। यूनाइटेड फोरम ऑफ बैंक यूनियंस (UFBU), जो देश के नौ प्रमुख बैंक अधिकारी और कर्मचारी संगठनों का साझा मंच है, ने 28 सितंबर से 30 सितंबर तक कार्य बहिष्कार का ऐलान किया है। इस हड़ताल की मुख्य मांग देश के सभी बैंकों में '5-डे बैंकिंग' (सप्ताह में पांच कार्यदिवस) को पूरी तरह लागू करना है।वर्तमान में भारतीय बैंकों में महीने के दूसरे और चौथे शनिवार को अवकाश रहता है, जबकि पहले, तीसरे और पांचवें शनिवार को शाखाएं सामान्य रूप से खुलती हैं। बैंक यूनियनों का कहना है कि इंडियन बैंक्स एसोसिएशन (IBA) के साथ 12वें द्विपक्षीय वेतन समझौते (12th Bipartite Settlement) में सभी शनिवार को अवकाश घोषित करने और सोमवार से शुक्रवार तक प्रतिदिन 40 मिनट अतिरिक्त काम करने पर सहमति बन चुकी थी। लेकिन सरकार और वित्त मंत्रालय द्वारा इसकी औपचारिक अधिसूचना अब तक जारी नहीं की गई है। इसके अलावा नई पेंशन योजना, पुरानी पेंशन की बहाली और पर्याप्त स्टाफ भर्ती जैसी मांगें भी हड़ताल के एजेंडे में शामिल हैं।रविवार 27 सितंबर को शाखाएं खोलने के सरकारी आदेश पर खींचतानहड़ताल का समय ऐसा है जो महीने के अंतिम सप्ताह में बैंकिंग व्यवस्था को बुरी तरह प्रभावित कर सकता था। 26 सितंबर को महीने का चौथा शनिवार होने के कारण बैंक बंद थे और 27 सितंबर को रविवार था। यदि इसके बाद 28, 29 और 30 सितंबर को भी बैंक बंद रहते, तो देश में लगातार पांच दिनों तक शाखा स्तर का कामकाज ठप पड़ जाता। इस संभावित संकट को टालने के लिए केंद्र सरकार के वित्त मंत्रालय और भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) ने 27 सितंबर (रविवार) को सभी सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों और क्षेत्रीय ग्रामीण बैंकों (RRBs) को सामान्य रूप से खुला रखने का विशेष निर्देश जारी किया।हालांकि, बैंक यूनियनों ने रविवार को शाखाएं खोलने के आदेश का कड़ा विरोध किया है। यूनियनों का तर्क है कि कर्मचारियों पर सप्ताहांत में काम करने का दबाव डालना अनुचित है। कर्मचारी संगठनों ने वित्तीय सेवा विभाग (DFS) के सचिव के समक्ष अपनी आपत्ति दर्ज कराई है और रविवार को ड्यूटी करने वाले कर्मियों के लिए प्रतिकरात्मक अवकाश (Compensatory Off) व दोगुने वेतन की मांग रखी है।डिजिटल बैंकिंग और यूपीआई सेवाएं रहेंगी पूरी तरह सक्रियएसबीआई प्रबंधन ने अपने ग्राहकों को आश्वस्त किया है कि शाखाओं में कर्मचारियों की अनुपस्थिति के बावजूद डिजिटल प्लेटफॉर्म पूरी तरह चालू रहेंगे। बैंक का सर्वर और पेमेंट गेटवे सामान्य रूप से काम करेंगे, जिससे ग्राहकों के दैनिक लेन-देन में कोई रुकावट नहीं आएगी।यूपीआई और ऑनलाइन ट्रांसफर: गूगल पे, फोनपे, पेटीएम और भीम यूपीआई के जरिए होने वाले सभी पेमेंट सामान्य रूप से चलेंगे।आईएमपीएस, एनईएफटी और आरटीजीएस: चौबीसों घंटे चलने वाले फंड ट्रांसफर सिस्टम बिना किसी बाधा के चालू रहेंगे, जिससे बड़े कारोबारी भुगतान भी ऑनलाइन किए जा सकेंगे।एसबीआई योनो और इंटरनेट बैंकिंग: योनो (YONO) मोबाइल ऐप, नेट बैंकिंग और वॉट्सऐप बैंकिंग के जरिए बिल भुगतान, फिक्स्ड डिपॉजिट और फंड ट्रांसफर जैसी सेवाएं घर बैठे उपलब्ध रहेंगी।24x7 हेल्पलाइन सपोर्ट: किसी भी तकनीकी समस्या या कार्ड ब्लॉक कराने जैसी जरूरतों के लिए एसबीआई के टोल-फ्री हेल्पलाइन नंबर 1800 1234 और 1800 2100 24 घंटे क्रियाशील रहेंगे।आम खाताधारकों और कारोबारियों के लिए जरूरी सुझावइस हड़ताल के दौरान आम लोगों को किसी प्रकार की वित्तीय परेशानी न उठानी पड़े, इसके लिए वित्तीय विशेषज्ञों ने कुछ महत्वपूर्ण कदम उठाने की सलाह दी है:चेक क्लियरिंग का काम पहले निपटाएं: हड़ताल के दौरान राष्ट्रीय चेक समाशोधन प्रणाली (Cheque Clearing / CTS) प्रभावित हो सकती है। यदि आपने किसी को चेक जारी किया है या आपको कोई चेक जमा करना है, तो उसे समय रहते प्रोसेस कर लें।पासबुक प्रिंटिंग और ड्राफ्ट: शाखा पर निर्भर सेवाएं जैसे डिमांड ड्राफ्ट (DD) बनवाना, केवाईसी अपडेट कराना या लोन डिस्बर्सल से जुड़े कागजी काम हड़ताल की अवधि में रुक सकते हैं।कैश फ्लो का प्रबंधन: व्यापारियों को सलाह दी गई है कि वे अपनी दैनिक नकदी जरूरतों के लिए डिजिटल क्यूआर कोड और पीओएस मशीनों का अधिक से अधिक उपयोग करें, ताकि कैश की कमी का सामना न करना पड़े।एसबीआई द्वारा 28 से 30 सितंबर तक एटीएम चार्ज माफ करने का यह कदम न केवल ग्राहकों को वित्तीय राहत देगा, बल्कि बैंक हड़ताल के दौरान बाजारों और अर्थव्यवस्था में नकदी की तरलता को भी सुचारू बनाए रखेगा।
नई दिल्ली। साल के दसवें महीने यानी अक्टूबर में अगर आपको बैंक शाखा जाकर चेक क्लीयरेंस, ड्राफ्ट बनवाने, केवाईसी अपडेट या नकदी जमा जैसे जरूरी वित्तीय काम निपटाने हैं, तो घर से निकलने से पहले छुट्टियों का कैलेंडर जरूर जांच लें। भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) द्वारा जारी आधिकारिक हॉलिडे कैलेंडर के अनुसार, अक्टूबर के महीने में देश के विभिन्न राज्यों और सर्किलों में बैंक कुल 16 दिन बंद रहने वाले हैं। त्योहारों के इस महीने में गांधी जयंती, नवरात्र, दुर्गा पूजा, दशहरा, महालया और करवा चौथ जैसे बड़े पर्व पड़ रहे हैं, जिसके चलते अलग-अलग जोनों में बैंकिंग कामकाज प्रभावित रहेगा।आरबीआई के नियमों के मुताबिक, बैंकों की छुट्टियां तीन मुख्य श्रेणियों में तय की जाती हैं—नेगोशिएबल इंस्ट्रूमेंट्स एक्ट (Negotiable Instruments Act), रियल-टाइम ग्रॉस सेटलमेंट (RTGS) हॉलिडे और बैंकों के खातों के वार्षिक क्लोजिंग दिवस। अक्टूबर में पड़ने वाली इन 16 छुट्टियों में 6 नियमित साप्ताहिक अवकाश (4 रविवार, दूसरा और चौथा शनिवार) शामिल हैं, जबकि शेष 10 दिन अलग-अलग राज्यों में स्थानीय व राष्ट्रीय पर्वों के कारण बैंक बंद रहेंगे। हालांकि, यह ध्यान रखना आवश्यक है कि सभी 16 दिन देश के हर शहर में बैंक बंद नहीं रहेंगे, बल्कि क्षेत्रीय परंपराओं और राज्य सरकार के नोटिफिकेशन के आधार पर छुट्टियां अलग-अलग होंगी।अक्टूबर में कब और कहां बंद रहेंगे बैंक: तारीखवार पूरी सूचीआरबीआई द्वारा जारी आधिकारिक सूची के अनुसार, अक्टूबर के दौरान पड़ने वाली छुट्टियों का पूरा विवरण इस प्रकार है:2 अक्टूबर (शुक्रवार): महात्मा गांधी जयंती के पावन अवसर पर पूरे देश में राष्ट्रीय अवकाश रहेगा और सभी सरकारी व निजी बैंक शाखाएं बंद रहेंगी।4 अक्टूबर (रविवार): साप्ताहिक अवकाश के कारण पूरे भारत में सभी बैंक बंद रहेंगे।10 अक्टूबर (शनिवार): महीने का दूसरा शनिवार होने के कारण देशभर में बैंकों का अवकाश रहेगा। साथ ही बेंगलुरु और कोलकाता सर्किल में महालया अमावस्या का पर्व मनाया जाएगा।11 अक्टूबर (रविवार): देशव्यापी नियमित साप्ताहिक अवकाश।17 अक्टूबर (शनिवार): महा सप्तमी / दुर्गा पूजा के उपलक्ष्य में अगरतला (त्रिपुरा) सर्किल में बैंक शाखाएं बंद रहेंगी।18 अक्टूबर (रविवार): पूरे देश में साप्ताहिक अवकाश।19 अक्टूबर (सोमवार): महा अष्टमी, महा नवमी, आयुध पूजा और दुर्गा पूजा के चलते अगरतला, आइजोल, भुवनेश्वर, चेन्नई, गुवाहाटी, इंफाल, ईटानगर, कोहिमा, कोलकाता, पटना, रांची और शिलांग में बैंक बंद रहेंगे।20 अक्टूबर (मंगलवार): दशहरा (विजयादशमी) के उपलक्ष्य में देश के अधिकांश प्रमुख शहरों में बैंक शाखाओं में काम नहीं होगा।21 अक्टूबर (बुधवार): दुर्गा पूजा विसर्जन और विजयादशमी के चलते अगरतला, बेंगलुरु, गंगटोक, गुवाहाटी, कोच्चि, कोलकाता और तिरुवनंतपुरम में बैंक कर्मियों का अवकाश रहेगा।22 अक्टूबर (गुरुवार): दुर्गा पूजा (दशईं) के पावन पर्व पर गंगटोक (सिक्किम) में बैंक बंद रहेंगे।23 अक्टूबर (शुक्रवार): दुर्गा पूजा (दशईं) के उपलक्ष्य में गंगटोक सर्किल में लगातार दूसरे दिन अवकाश रहेगा।24 अक्टूबर (शनिवार): महीने का चौथा शनिवार होने के चलते देश भर के सभी बैंक पूरी तरह बंद रहेंगे।25 अक्टूबर (रविवार): साप्ताहिक अवकाश के कारण पूरे भारत में बैंक शाखाएं बंद रहेंगी।26 अक्टूबर (सोमवार): महर्षि वाल्मीकि जयंती, लक्ष्मी पूजा और विलय दिवस (एक्सेशन डे) के मौके पर चंडीगढ़, शिमला, जम्मू, श्रीनगर और अगरतला में बैंकों की छुट्टी रहेगी।29 अक्टूबर (गुरुवार): करवा चौथ / करक चतुर्थी के अवसर पर शिमला (हिमाचल प्रदेश) में बैंक बंद रहेंगे।31 अक्टूबर (शनिवार): सरदार वल्लभभाई पटेल जयंती (राष्ट्रीय एकता दिवस) के उपलक्ष्य में अहमदाबाद सर्किल में बैंक बंद रहेंगे।डिजिटल बैंकिंग और ऑनलाइन सेवाएं 24x7 रहेंगी चालूबैंक शाखाओं के बंद रहने का मतलब यह कतई नहीं है कि आम ग्राहकों के वित्तीय कामकाज रुक जाएंगे। रिजर्व बैंक ने स्पष्ट किया है कि छुट्टियों के दौरान देश का डिजिटल पेमेंट इंफ्रास्ट्रक्चर निर्बाध रूप से चालू रहेगा। ग्राहक घर बैठे या यात्रा के दौरान अपने अधिकांश जरूरी बैंकिंग लेनदेन इलेक्ट्रॉनिक माध्यमों से आसानी से निपटा सकते हैं:एटीएम और कैश रीसाइक्लर मशीनें: नकदी निकालने और जमा करने के लिए सभी बैंकों के एटीएम और कैश डिपॉजिट मशीनें (CDM) 24 घंटे क्रियाशील रहेंगी।यूपीआई प्लेटफॉर्म: गूगल पे, फोनपे, पेटीएम और भीम जैसे यूपीआई ऐप्स के जरिए मर्चेंट पेमेंट, बिल भुगतान और फंड ट्रांसफर पहले की तरह ही सेकंडों में संभव होंगे।इंटरनेट व मोबाइल बैंकिंग: एसबीआई योनो, एचडीएफसी मोबाइल बैंकिंग, आईसीआईसीआई आईमोबाइल या पीएनबी वन जैसे बैंकिंग ऐप्स के माध्यम से एफडी खोलना, लोन किस्त का भुगतान और स्टेटमेंट डाउनलोड करना बिना रुकावट जारी रहेगा।आईएमपीएस, एनईएफटी और आरटीजीएस: चौबीसों घंटे चलने वाली आईएमपीएस और एनईएफटी/आरटीजीएस प्रणालियों के जरिए बड़ी धनराशि का हस्तांतरण छुट्टियों के दिन भी सामान्य गति से प्रोसेस होगा।लंबी छुट्टियों के दौरान ग्राहकों के लिए जरूरी सावधानियांअक्टूबर के तीसरे सप्ताह (17 से 26 अक्टूबर) में दुर्गा पूजा और दशहरे के कारण कई राज्यों में लगातार कई दिन बैंक बंद रह सकते हैं। ऐसे में वित्तीय विशेषज्ञों ने आम उपभोक्ताओं और व्यापारियों को कुछ जरूरी सावधानियां बरतने की सलाह दी है:चेक क्लियरिंग का समय: यदि आपको किसी व्यापारिक सौदे, ईएमआई भुगतान या स्कूल फीस के लिए चेक लगाना है, तो उसे छुट्टियों से कम से कम 2 से 3 दिन पहले बैंक में प्रस्तुत कर दें, क्योंकि नेशनल ऑटोमेटेड क्लियरिंग हाउस (NACH) और चेक ट्रंकेशन सिस्टम (CTS) छुट्टी के दिन प्रभावित हो सकते हैं।शाखा पर निर्भर दस्तावेज: डिमांड ड्राफ्ट (DD), लॉकर एक्सेस, फॉरेन करेंसी एक्सचेंज या पेंशन से जुड़े जीवन प्रमाण पत्र जमा करने जैसे कार्य केवल बैंक खुलने वाले दिनों में ही संभव होंगे, इसलिए इन्हें महीने की शुरुआत में ही निपटा लें।पर्याप्त नकदी का प्रबंधन: त्योहारी खरीदारी के दौरान कई छोटे खुदरा विक्रेता ऑनलाइन सर्वर की दिक्कतों के कारण नकद भुगतान को प्राथमिकता देते हैं। इसलिए लंबी छुट्टियों के सप्ताहांत से पहले एटीएम से आवश्यक नकदी निकाल कर अपने पास रख लें।आरबीआई की इस विस्तृत सूची को ध्यान में रखकर यदि आप अपने वित्तीय कार्यों की अग्रिम योजना बनाएंगे, तो त्योहारी मौसम में आपको शाखा के चक्कर काटने या किसी अनावश्यक असुविधा का सामना नहीं करना पड़ेगा।
उड़ान से ठीक पहले एयर इंडिया का को-पायलट ब्रेथ एनालाइजर टेस्ट में पॉजिटिव, तुरंत सस्पेंड; DGCA सख्त
नई दिल्ली। नागरिक उड्डयन सुरक्षा से जुड़ी एक बेहद संवेदनशील घटना में एयर इंडिया के एक को-पायलट को प्री-फ्लाइट ब्रेथ एनालाइजर (BA) टेस्ट में पॉजिटिव पाए जाने के बाद तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। विमानन सुरक्षा नियमों के अनुसार, किसी भी कमर्शियल फ्लाइट के टेकऑफ से पहले कॉकपिट क्रू और केबिन क्रू का अनिवार्य मेडिकल परीक्षण किया जाता है। नियमित जांच के दौरान को-पायलट के शरीर में अल्कोहल की मात्रा दर्ज की गई, जिसके तुरंत बाद एयरलाइन प्रबंधन ने उड़ान सुरक्षा प्रोटोकॉल के तहत कड़ा कदम उठाते हुए उसे रोस्टर से बाहर कर दिया और सस्पेंड करने की कार्रवाई की।उड़ान संचालन से जुड़े वरिष्ठ अधिकारियों के अनुसार, यह घटना तब सामने आई जब संबंधित पायलट अपनी निर्धारित फ्लाइट के लिए ड्यूटी रिपोर्ट करने एयरपोर्ट पहुंचा था। सुरक्षा मानकों से कोई भी समझौता न करने की नीति के तहत संबंधित पायलट की जगह तुरंत दूसरे बैकअप पायलट को तैनात कर फ्लाइट का सुरक्षित संचालन सुनिश्चित किया गया, जिससे यात्रियों को किसी प्रकार की बड़ी असुविधा का सामना नहीं करना पड़ा।DGCA के कड़े दिशानिर्देश और जीरो टॉलरेंस नीतिनागरिक उड्डयन महानिदेशालय (DGCA) के स्पष्ट दिशा-निर्देशों के तहत उड़ान ड्यूटी पर तैनात चालक दल के सदस्यों के लिए अल्कोहल सेवन को लेकर 'जीरो टॉलरेंस पॉलिसी' लागू है। डीजीसीए के सिविल एविएशन रिक्वायरमेंट्स (CAR) नियमों के अनुसार, किसी भी चालक दल के सदस्य को उड़ान भरने से पहले 12 घंटे तक किसी भी प्रकार की शराब, मादक पेय या अल्कोहल युक्त कफ सिरप व माउथवॉश का सेवन करने की पूरी तरह मनाही होती है।यदि कोई पायलट या क्रू मेंबर पहली बार प्री-फ्लाइट ब्रेथ एनालाइजर टेस्ट में फेल होता है, तो सुरक्षा नियमों के तहत उसका फ्लाइंग लाइसेंस तीन महीने की अवधि के लिए स्वतः निलंबित कर दिया जाता है। दूसरी बार इसी तरह की गलती दोहराए जाने पर लाइसेंस निलंबन की अवधि बढ़ाकर तीन साल कर दी जाती है, जबकि तीसरी बार टेस्ट में पॉजिटिव पाए जाने पर डीजीसीए संबंधित पायलट का कमर्शियल पायलट लाइसेंस (CPL/ATPL) हमेशा के लिए रद्द कर देता है।एयरलाइन का आधिकारिक रुख और जांच प्रक्रियामामले की गंभीरता को देखते हुए एयर इंडिया प्रबंधन ने स्पष्ट किया है कि यात्रियों और विमान की सुरक्षा एयरलाइन की सर्वोच्च प्राथमिकता है। प्रबंधन ने आंतरिक जांच शुरू कर दी है और प्रारंभिक प्राथमिक परीक्षण के बाद अब विस्तृत मेडिकल असेसमेंट और फाइनल कंफर्मेटरी रिपोर्ट की प्रतीक्षा की जा रही है।नियमों के मुताबिक, ब्रेथ एनालाइजर टेस्ट में पहला रीडिंग पॉजिटिव आने के 15 से 20 मिनट बाद दूसरा टेस्ट (कंफर्मेटरी टेस्ट) उसी कैमरे की निगरानी में दोहराया जाता है। यदि दोनों टेस्ट में रीडिंग सीमा से अधिक आती है, तो पूरी रिपोर्ट तैयार कर डीजीसीए को भेजी जाती है। एयर इंडिया के प्रवक्ता के अनुसार, जांच रिपोर्ट के अंतिम निष्कर्षों और नियामक दिशा-निर्देशों के आधार पर संबंधित पायलट के खिलाफ आगे की अनुशासनात्मक और दंडात्मक कार्रवाई पूरी की जाएगी।उड्डयन सुरक्षा पर सख्त निगरानी और क्रू मॉनिटरिंगहाल के वर्षों में भारतीय एविएशन सेक्टर में सुरक्षा को लेकर काफी कड़े उपाय किए गए हैं। देश के सभी हवाई अड्डों पर संचालित होने वाली उड़ानों के 100 प्रतिशत पायलटों और केबिन क्रू का अनिवार्य प्री-फ्लाइट बीए टेस्ट किया जाता है। इसके अलावा लैंडिंग के बाद रैंडम पोस्ट-फ्लाइट टेस्टिंग भी की जाती है ताकि किसी भी तरह की चूक की गुंजाइश न रहे।यात्रियों की सुरक्षा के लिहाज से कॉकपिट क्रू का पूरी तरह सजग और शारीरिक-मानसिक रूप से फिट होना अनिवार्य है। ऐसे मामलों में तत्काल निलंबन की कार्रवाई यह संदेश देती है कि सुरक्षा नियमों का उल्लंघन करने पर किसी भी स्तर के अधिकारी को बख्शा नहीं जाएगा।
चिंताजनक: छह माह में मेडिकल कॉलेजाें के 12 डॉक्टरों ने की आत्महत्या, काम का दबाव या समस्या कुछ और?
चिंताजनक: छह माह में मेडिकल कॉलेजाें के 12 डॉक्टरों ने की आत्महत्या, काम का दबाव या समस्या कुछ और?
नई दिल्ली/कानपुर। आगामी त्योहारों के सीजन—खासकर दिवाली, धनतेरस और आस्था के महापर्व छठ पूजा—पर अपने पैतृक घर जाने वाले उत्तर प्रदेश और बिहार के यात्रियों के लिए राहत भरी खबर सामने आई है। नियमित लंबी दूरी की ट्रेनों में महीनों पहले से 'नो रूम' और लंबी वेटिंग लिस्ट के चलते होने वाली मारामारी को देखते हुए भारतीय रेलवे ने विशेष त्योहार स्पेशल ट्रेनों (Festive Special Trains) के संचालन का शेड्यूल जारी करना शुरू कर दिया है।इस विशेष व्यवस्था के तहत उत्तर मध्य रेलवे (NCR) नेटवर्क के प्रमुख स्टेशनों—कानपुर सेंट्रल और प्रयागराज जंक्शन—को दक्षिण भारत के प्रमुख टेक व औद्योगिक केंद्रों जैसे बेंगलुरु (सर एम. विश्वेश्वरैया टर्मिनल / एसएमवीबी), चेन्नई और मदुरै से जोड़ने वाली लंबी दूरी की स्पेशल ट्रेनें चलाई जा रही हैं। दक्षिण भारत में पढ़ाई और नौकरी करने वाले लाखों प्रवासियों के लिए यह पहल दिवाली और छठ पर घर वापसी की राह बेहद आसान बनाएगी।त्योहारों में लंबी वेटिंग से मिलेगी निजात, तत्काल टिकट की दौड़ से राहतहर साल दिवाली और छठ के दौरान दिल्ली, मुंबई, गुजरात और दक्षिण भारत से उत्तर प्रदेश, बिहार व झारखंड जाने वाली नियमित ट्रेनों में आरक्षण खुलते ही सीटें मिनटों में फुल हो जाती हैं। स्लीपर से लेकर थर्ड एसी और सेकंड एसी तक की वेटिंग लिस्ट 200 से 300 के पार पहुंच जाती है। तत्काल टिकट के समय सर्वर क्रैश और दलालों के दखल के कारण आम यात्रियों को भारी परेशानी झेलनी पड़ती है।रेलवे प्रशासन ने यात्रियों की इसी मांग का वैज्ञानिक विश्लेषण करते हुए दक्षिण-मध्य और उत्तर मध्य रेलवे रूट पर अतिरिक्त रेक तैयार किए हैं। इन फेस्टिवल स्पेशल ट्रेनों के चलने से कानपुर और प्रयागराज समेत आसपास के जिलों—फतेहपुर, कौशांबी, मिर्जापुर, प्रतापगढ़ और बुंदेलखंड क्षेत्र—के यात्रियों को कन्फर्म सीट हासिल करने का सीधा विकल्प मिलेगा।प्रमुख रूट, ठहराव और कोच संरचनादक्षिण भारत से उत्तर भारत को जोड़ने वाली इन स्पेशल ट्रेनों को इस तरह डिजाइन किया गया है कि वे दक्षिण और मध्य भारत के प्रमुख स्टेशनों को कवर करते हुए चलें।रूट और ठहराव: यह ट्रेनें मदुरै, डिंडीगुल, तिरुचिरापल्ली, विजयवाड़ा, बल्हारशाह, नागपुर, इटारसी, जबलपुर, सतना, मानिकपुर होते हुए प्रयागराज जंक्शन और कानपुर सेंट्रल पहुंचेंगी। इसी प्रकार बेंगलुरु रूट की ट्रेनें भी पेराम्बुर/काटपाडी, विजयवाड़ा और नागपुर कॉरिडोर होकर संचालित होंगी।कोच कंपोजिशन: त्योहारों पर आम और मध्यम वर्गीय यात्रियों की बड़ी तादाद को देखते हुए इन स्पेशल ट्रेनों में सामान्य (General Unreserved), द्वितीय श्रेणी स्लीपर (SL), थर्ड एसी (3A) और सेकंड एसी (2A) के साथ-साथ आधुनिक एलएचबी (LHB) कोच जोड़े जा रहे हैं ताकि सफर सुरक्षित और आरामदायक रहे।ऑनलाइन बुकिंग, सुरक्षा और समयबद्धता पर विशेष जोररेलवे बोर्ड के दिशानिर्देशों के अनुसार इन ट्रेनों के संचालन में समयबद्धता (Punctuality) को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जा रही है ताकि त्योहार के दिन यात्री समय पर अपने परिवार के बीच पहुंच सकें।बुकिंग प्रक्रिया: इन स्पेशल ट्रेनों के टिकट आईआरसीटीसी (IRCTC) की आधिकारिक वेबसाइट, रेल कनेक्ट ऐप और रेलवे के पीआरएस (PRS) काउंटरों से बुक किए जा सकते हैं।प्लेटफॉर्म प्रबंधन: कानपुर सेंट्रल और प्रयागराज जंक्शन पर बढ़ती भीड़ को नियंत्रित करने के लिए आरपीएफ (RPF) और जीआरपी (GRP) के अतिरिक्त जवानों की तैनाती, 'मे आई हेल्प यू' बूथ और महिला व बुजुर्ग यात्रियों के लिए विशेष सहायता केंद्र सक्रिय किए जा रहे हैं।दक्षिण भारत में कार्यरत उत्तर भारतीय प्रवासियों के लिए यह स्पेशल ट्रेनें राहत की सौगात बनकर आई हैं, जिससे वे बिना किसी यात्रा तनाव के अपने परिजनों के साथ दिवाली के दीप जला सकेंगे और छठ का महापर्व उल्लास से मना सकेंगे।
नई दिल्ली। नया आशियाना या ऑफिस स्पेस चुनते समय अब तक लोग वेंटिलेशन, लोकेशन, पार्किंग और कनेक्टिविटी जैसी पारंपरिक सुविधाओं की पड़ताल करते थे, लेकिन अब भारतीय दूरसंचार विनियामक प्राधिकरण (TRAI) ने डिजिटल युग की सबसे बुनियादी जरूरत को लेकर बड़ा ऐतिहासिक कदम उठाया है। ट्राई ने आधिकारिक तौर पर डिजिटल कनेक्टिविटी रेटिंग (Digital Connectivity Rating - DCR) प्लेटफॉर्म लाइव कर दिया है। इस आधुनिक पारदर्शी व्यवस्था के लागू होने के बाद आम नागरिक और कारोबारी किसी भी आवासीय या व्यावसायिक परिसर में शिफ्ट होने से पहले वहां मौजूद मोबाइल नेटवर्क, कॉल ड्रॉप की स्थिति, ब्रॉडबैंड उपलब्धता और 5G डेटा स्पीड की आधिकारिक रेटिंग देख सकेंगे।दूरसंचार विभाग और ट्राई का यह कदम देश के रियल एस्टेट सेक्टर और डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर के लिए गेमचेंजर साबित होने वाला है। बड़े शहरों में बहुमंजिला इमारतों, बेसमेंट और घनी सोसायटियों के फ्लैट्स के अंदर कमजोर नेटवर्क कवरेज हमेशा से एक गंभीर समस्या रही है। लोग अक्सर लाखों-करोड़ों रुपये खर्च करके नया घर खरीदते हैं, लेकिन अंदर कदम रखते ही मोबाइल से सिग्नल गायब हो जाते हैं। वर्क फ्रॉम होम और हाइब्रिड वर्क कल्चर के इस दौर में इनडोर नेटवर्क का अभाव मानसिक तनाव और काम में रुकावट का कारण बनता है। इसी गंभीर जमीनी समस्या के स्थायी समाधान के रूप में डीसीआर फ्रेमवर्क को पेश किया गया है।क्या है TRAI का DCR प्लेटफॉर्म और यह कैसे काम करता हैडिजिटल कनेक्टिविटी रेटिंग यानी डीसीआर एक वैज्ञानिक और मानकीकृत मूल्यांकन प्रणाली है। जिस तरह इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों जैसे एसी, फ्रिज या पंखों पर बिजली की बचत दर्शाने वाले बीईई (BEE) स्टार रेटिंग लेबल लगे होते हैं, ठीक उसी तर्ज पर अब रेजिडेंशियल और कमर्शियल इमारतों को उनकी इनडोर डिजिटल कनेक्टिविटी क्षमता के आधार पर 1 से लेकर 5 स्टार तक की रेटिंग प्रदान की जाएगी।यह प्रणाली पूरी तरह से निष्पक्ष, डेटा-आधारित और स्वतंत्र तकनीकी जांच पर काम करती है। इसमें प्रमाणित तकनीकी एजेंसियां साइट पर जाकर आधुनिक उपकरणों से सिग्नल स्ट्रेंथ, लेटेंसी, डाउनलोड-अपलोड स्पीड, इनडोर ऑप्टिकल फाइबर केबलिंग (OFC) की स्थिति और अलग-अलग टेलीकॉम ऑपरेटर्स जैसे जियो, एयरटेल और वोडाफोन आइडिया के नेटवर्क रिसेप्शन की जांच करती हैं। इस गहन तकनीकी परीक्षण के बाद भवन को एक समग्र स्कोर और स्टार रेटिंग जारी की जाती है, जिसे सार्वजनिक रूप से पोर्टल पर दर्ज किया जाता है।रियल एस्टेट सेक्टर में अब स्टार रेटिंग से तय होगी प्रॉपर्टी की साखअब तक प्रॉपर्टी डेवलपर्स अपनी परियोजनाओं में लग्जरी क्लब हाउस, स्विमिंग पूल, जिम और लैंडस्केप गार्डन का खूब प्रचार करते थे, लेकिन इन-बिल्डिंग सॉल्यूशंस (IBS) और डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर को नजरअंदाज कर दिया जाता था। ट्राई के इस नए नियम के बाद प्रॉपर्टी खरीदारों को यह अधिकार मिल गया है कि वे बुकिंग करने से पहले डेवलपर से इमारत की आधिकारिक डिजिटल कनेक्टिविटी रेटिंग की मांग कर सकें।बिल्डरों को अब निर्माण के शुरुआती ब्लूप्रिंट डिजाइन में ही टेलीकॉम इंफ्रास्ट्रक्चर को अनिवार्य रूप से शामिल करना होगा। इसमें रूफटॉप टावर लगाने की व्यवस्था, हर फ्लोर पर कॉमन टेलीकॉम डक्ट्स, ऑप्टिकल फाइबर वायर रूटिंग और बेसमेंट में बूस्टर एंटीना लगाने के लिए समर्पित जगह शामिल है। जिन प्रोजेक्ट्स की डीसीआर स्टार रेटिंग 4 या 5 होगी, उनकी मार्केट वैल्यू और रीसेल वैल्यू कमजोर रेटिंग वाले भवनों की तुलना में काफी ज्यादा आंकी जाएगी। खरीदार अब अंधकार में रहकर केवल दावों पर भरोसा नहीं करेंगे, बल्कि प्रमाणित सरकारी रेटिंग देखकर निवेश का फैसला लेंगे।आम उपभोक्ताओं, पेशेवरों और कॉर्पोरेट्स को कैसे मिलेगा सीधा फायदाइस व्यवस्था का सर्वाधिक प्रत्यक्ष लाभ आम कामकाजी जनता, फ्रीलांसर्स, छात्रों और कॉर्पोरेट घरानों को मिलेगा। कोरोना महामारी के बाद से वर्क फ्रॉम होम, ऑनलाइन क्लासेस और रिमोट बिजनेस ऑपरेशंस रोजमर्रा की जिंदगी का अभिन्न अंग बन चुके हैं। ऐसे में अगर किसी अपार्टमेंट या को-वर्किंग स्पेस में डिजिटल सिग्नल कमजोर हैं, तो कामकाज ठप पड़ जाता है।डीसीआर पोर्टल के माध्यम से कोई भी व्यक्ति पिनकोड, शहर, इलाके या संबंधित सोसाइटी के नाम से सीधे सर्च कर सकेगा कि वहां मोबाइल सिग्नल और ब्रॉडबैंड की क्या स्थिति है। किरायेदार भी लीज एग्रीमेंट साइन करने से पहले यह जांच सकेंगे कि संबंधित फ्लैट में जियो, एयरटेल या वीआई का सिग्नल बेडरूम या बालकनी में पूरा मिलता है या नहीं। कॉर्पोरेट कंपनियों के लिए नया डाटा सेंटर या ब्रांच ऑफिस खोलने से पहले डिजिटल रेडिनेस का आकलन करना बेहद आसान और पारदर्शी हो जाएगा।भारत के छोटे शहरों और टियर-2, टियर-3 बाजारों में डिजिटल क्रांति का नया विस्तारयह सुधार केवल दिल्ली, मुंबई, बेंगलुरु, हैदराबाद या लखनऊ जैसे महानगरों तक सीमित नहीं है, बल्कि देश के टियर-2 और टियर-3 शहरों में भी तेजी से लागू हो रहा है। छोटे शहरों में बन रहे नए हाउसिंग प्रोजेक्ट्स, आईटी पार्क्स और कमर्शियल प्लाजा को भी अब इस नेटवर्क फ्रेमवर्क के दायरे में लाया जा रहा है। नेशनल ब्रॉडबैंड मिशन और भारत नेट के लक्ष्यों को गति देने के लिए यह जरूरी था कि लास्ट-माइल इनडोर कनेक्टिविटी को विश्वस्तरीय बनाया जाए।लोकल लेवल पर प्रॉपर्टी रजिस्ट्रेशन और नगर निगम के नक्शा पास करने के नियमों के साथ भी भविष्य में इसे जोड़ा जा सकता है, जिससे यह सुनिश्चित हो सके कि कोई भी नई बहुमंजिला इमारत डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर के बिना न बने। ट्राई का लक्ष्य देश के कोने-कोने में रहने वाले हर नागरिक को कॉल ड्रॉप की समस्या से मुक्ति दिलाना और हाई-स्पीड इंटरनेट की निर्बाध सुविधा उपलब्ध कराना है।नए फ्लैट और ऑफिस खरीदारों के लिए आसान चेकलिस्टअगर आप आने वाले दिनों में कोई नया फ्लैट, दुकान, शोरूम या ऑफिस स्पेस खरीदने अथवा लंबे समय के लिए रेंट पर लेने की योजना बना रहे हैं, तो इन प्रमुख बिंदुओं को अपनी प्राथमिक जांच सूची में अवश्य शामिल करें:बिल्डर अथवा ब्रोकर से संबंधित प्रोजेक्ट की प्रमाणित ट्राई डीसीआर (DCR) स्टार रेटिंग रिपोर्ट मांगें।इमारत के अंदर सभी प्रमुख टेलीकॉम नेटवर्क ऑपरेटर्स के 4G और 5G इनडोर सिग्नल कवरेज का स्तर पोर्टल पर क्रॉस-वेरीफाई करें।भवन के शाफ्ट और कॉमन यूटिलिटी डक्ट्स में न्यूट्रल शेयर्ड ऑप्टिकल फाइबर केबलिंग (FTTH) की उपलब्धता की पुष्टि करें।लिफ्ट, क्लब हाउस, बेसमेंट पार्किंग और रूफटॉप जैसे कॉमन एरियाज में इन-बिल्डिंग सॉल्यूशंस (IBS) एंटीना इंस्टॉलेशन की जांच करें।ट्राई का यह डिजिटल कनेक्टिविटी रेटिंग पोर्टल न केवल उपभोक्ताओं को सशक्त और जागरूक बना रहा है, बल्कि भारतीय रियल एस्टेट उद्योग को भविष्य की 6G और स्मार्ट होम जरूरतों के लिए तकनीकी रूप से पूरी तरह तैयार भी कर रहा है।
गाजा से सूडान और नेपाल तक, दुनियाभर के 50 करोड़ बच्चे स्कूल से दूर
गाजा, सूडान और नेपाल समेत दुनिया के कई हिस्सों में 50 करोड़ से ज्यादा बच्चे शिक्षा से वंचित हैं. युद्ध, विस्थापन और जलवायु परिवर्तन के कारण उनकी पढ़ाई प्रभावित हो रही है. शिक्षा के लिए 3.5 अरब डॉलर की फंडिंग जुटाई गई है.
दस दिनों तक चलने वाले गणेशोत्सव के अंतिम दिन अनंत चतुर्दशी पर मुंबई नगरी भक्ति, उत्साह और आस्था के अनूठे रंगों में सराबोर नजर आई। गणपति बप्पा मोरया, अगले बरस तू जल्दी आ के गूंजते जयकारों, ढोल-ताशों की पारंपरिक और गूंजती थाप तथा आसमान में उड़ते लाल-गुलाल और फूलों की वर्षा के बीच विघ्नहर्ता भगवान श्री गणेश की मूर्तियों का विसर्जन किया गया। गिरगांव चौपाटी से लेकर ददर, जुहू और परेल की सड़कों पर श्रद्धालुओं का विशाल जनसैलाब उमड़ पड़ा। बृहन्मुंबई महानगरपालिका (बीएमसी) ने बताया कि रात नौ बजे तक 16,154 गणपति प्रतिमाओं का विसर्जन किया जा चुका है। ध्वनि प्रदूषण से बचने के बारे में बंबई उच्च न्यायालय के निर्देशों और डीजे के इस्तेमाल के खिलाफ संगठनों के आह्वान के बावजूद महानगर में दिनभर विभिन्न स्थानों पर निकाली गईं शोभायात्राओं में तेज संगीत बजा और आतिशबाजी भी छोड़ी गई। बड़ी संख्या में आए श्रद्धालुओं की मौजूदगी में सार्वजनिक गणेश पंडालों में पूजा और आरती के बाद कई प्रमुख मंडलों की विसर्जन शोभायात्राएं जयकारों, पारंपरिक संगीत तथा गुलाल और फूलों की वर्षा के बीच शुरू हुईं। इसे भी पढ़ें: समुद्र मंथन से जुड़ी है Anant Chaturdashi की परंपरा, पंचामृत में भगवान को खोजने की रीत नगर निकाय ने बताया कि दिनभर में गणेश मंडलों की 772 गणपति प्रतिमाओं, 14,864 घरेलू प्रतिमाओं और गौरी/हरतालिका देवी की 518 प्रतिमाओं का विसर्जन किया गया। बीएमसी के नवीनतम आंकड़ों के अनुसार, विसर्जन प्रक्रिया के दौरान किसी अप्रिय घटना की सूचना नहीं मिली। प्रसिद्ध लालबागजा राजा गणपति की विसर्जन यात्रा रात करीब 11 बजे खड़ा पारसी स्टेच्यू पहुंची, वहीं चिंचपोकली चिंतामणि की प्रतिमा आर्थर रोड जंक्शन पहुंची। गणेशोत्सव का समापन अनंत चतुर्दशी के दिन होता है। इस दिन श्रद्धालु गणपति की मूर्तियों का प्राकृतिक जलाशयों या कृत्रिम तालाबों में विसर्जन कर भगवान गणेश को विदाई देते हैं। इस अवसर पर मुंबई और महाराष्ट्र के अन्य हिस्सों में पूरे उल्लास के साथ शोभायात्राएं निकाली जाती हैं। इसे भी पढ़ें: Anant Chaturdashi पर घर में Ganesh Visarjan करते समय अपनाएं यह सही विधि उत्सव के अंतिम दिन मुंबई और महाराष्ट्र के अन्य हिस्सों में रंग-बिरंगी और भव्य शोभायात्राएं निकाली जाती हैं, जिनमें अक्सर देर रात तक और अगले दिन सुबह तक भी उत्सव जारी रहता है। लालबाग-परेल इलाके में महिलाओं और बच्चों समेत बड़ी संख्या में श्रद्धालु विसर्जन शोभायात्राएं एवं गणपति की मूर्तियों पर पुष्पवर्षा देखने तथा उत्सव का आनंद लेने के लिए सड़कों के किनारे एकत्र हुए। नगर निकाय ने शहर के 67 प्राकृतिक विसर्जन स्थलों और 383 कृत्रिम तालाबों पर ‘लाइफगार्ड’ (डूबने से बचाने के लिए तैनात प्रशिक्षित कर्मी), एम्बुलेंस, चिकित्सकीय दल, क्रेन और अन्य आपात सेवाओं की व्यवस्था की है। बीएमसी ने समुद्र तट के आसपास ‘ब्लू-बटन जेलीफिश’ और ‘स्टिंगरे’ मछलियों की मौजूदगी के मद्देनजर लोगों से विसर्जन के लिए समुद्र में उतरते समय विशेष सावधानी बरतने और नगर निकाय एवं पुलिस अधिकारियों के निर्देशों का पालन करने की भी अपील की। इसे भी पढ़ें: Mumbai में Ganesh Visarjan पर 24,000 से अधिक पुलिसकर्मी और 25,000 BMC कर्मी तैनात Read Latest National News in Hindi only on Prabhasakshi
संयुक्त राष्ट्र मंच पर एक बार फिर पाकिस्तान की पोल खुल गई है। पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने यूएन में भारत के खिलाफ झूठे और मनगढ़ंत दावे पेश किए, जिस पर भारत ने बेहद कड़े शब्दों में तीखा पलटवार किया है। भारतीय राजनयिक पेटल गेहलोत ने ...
Review: 7 साल बाद वही नॉस्टैल्जिया, परफेक्ट सिनेमा है एवेंजर्स एंडगेम
साल 2019 में मार्वल ने फैंस को एक तगड़े सिनेमा एक्सपीरियंस से रूबरू कराया था, जो अब वापस सात साल बाद थिएटर्स में लौट चुका है. एवेंजर्स एंडगेम एनकोर बीते दिन रिलीज हुई और ये फिल्म क्यों खास है, ये हर MCU फैन जानता है. तो क्या इतने समय बाद भी सिनेमाघरों में वही जादू चला?
मैसेज में 'K' लिख दिया तो क्या मतलब? जेन जी की डिजिटल भाषा समझिए
सोशल मीडिया और चैटिंग ने हमारी बातचीत के तरीके को काफी बदल दिया है. आज कई शॉर्ट वर्ड्स और एक्सप्रेशन रोजमर्रा की डिजिटल बातचीत का हिस्सा बन चुके हैं. खासकर Gen Z की चैटिंग में इनका इस्तेमाल खूब होता है. लेकिन हर शब्द का मतलब सिर्फ डिक्शनरी से समझना आसान नहीं होता. तो आखिर 'K', 'No Cap', 'IYKYK', 'LOL', और 'BRB' जैसे शब्द क्या कहते हैं और इनका सही कॉन्टेक्स्ट कैसे समझें?
ट्रेन में पैसेंजर नहीं, फिर भी क्यों रखे होते हैं मिट्टी से भरे कट्टे या जरीकेन?
ट्रेन में कई बार मिट्टी से भरे जरीकेन, बोरे या कट्टे दिखाई देते हैं. आखिर यात्रियों के बीच या खाली डिब्बों में इन्हें क्यों रखा जाता है? इसके पीछे ट्रेन के परीक्षण, अतिरिक्त वजन और रेलवे के काम से जुड़ी वजह हो सकती है. चलिए जानते हैं.
जमशेदपुर में ट्रैफिक पुलिस और किन्नरों के बीच भिड़ंत, सड़क पर हुआ हंगामा
जमशेदपुर के साकची गोलचक्कर पर ट्रैफिक पुलिस और किन्नर समुदाय के लोगों के बीच विवाद हो गया. मामला इतना बढ़ा कि सड़क पर हंगामा और प्रदर्शन शुरू हो गया. इसके चलते कुछ देर के लिए यातायात व्यवस्था प्रभावित हुई और सड़क पर वाहनों की कतार लग गई. मौके पर लोगों की भीड़ भी जुट गई. बाद में अतिरिक्त पुलिसकर्मियों को बुलाकर दोनों पक्षों को शांत कराया गया.
मसूरी जा रहे हैं तो इन 7 जगहों को न करें मिस, यादगार बन जाएगा सफर
Best Places to Visit in Mussoorie: मसूरी में आपको घूमने के लिए कई ऐसी जगहें मिलेंगी, जहां प्राकृतिक खूबसूरती के साथ पुराने बाजार, शांत सड़कें और बेहतरीन व्यू पॉइंट्स भी देखने को मिलते हैं. अगर आप भी जल्द मसूरी घूमने का प्लान बना रहे हैं तो इन खूबसूरत जगहों को अपनी ट्रैवल लिस्ट में जरूर शामिल कर सकते हैं.
टीम इंडिया की बढ़ी टेंशन, सिराज की गेंद पर चोटिल हुए कप्तान
हार्दिक पंड्या की मैदान पर वापसी एक बार फिर टल गई है. हार्दिक पंड्या को दाहिनी पिंडली में दोबारा दर्द की शिकायत हुई है, जिसके बाद मेडिकल टीम ने उन्हें आराम करने की सलाह दी है. उधर नेट्स सेशन के दौरान वनडे और टेस्ट टीम के कप्तान शुभमन गिल भी इंजर्ड हो गए.
सिक्किम से लेकर उत्तराखंड-MP तक... देश के कई हिस्सों में बारिश का अलर्ट
मौसम विभाग ने छत्तीसगढ़, मध्य प्रदेश, उत्तर प्रदेश, पश्चिम बंगाल, सिक्किम सहित देश के कई हिस्सों में बहुत भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है. उत्तर प्रदेश के कई जिलों में स्कूल बंद किए गए हैं. उत्तराखंड में भी भारी बारिश के कारण रेड, ऑरेंज और येलो अलर्ट जारी हैं. लोगों से बारिश के दौरान सावधानी बरतने की अपील की गई है.
सपा के दिग्गज नेता राम गोविंद चौधरी का निधन, पार्टी में शोक
समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ नेता और पूर्व मंत्री राम गोविंद चौधरी का 73 वर्ष की आयु में लखनऊ के SGPGI में निधन हो गया. वे लंबे समय से हृदय और किडनी की बीमारियों से पीड़ित थे.
गाजियाबाद में दर्दनाक हादसा! 14वें फ्लोर से गिरकर छात्रा की मौत
गाजियाबाद के राजनगर एक्सटेंशन स्थित राजनगर रेसीडेंसी सोसायटी में शुक्रवार रात 14 साल की नौवीं कक्षा की छात्रा की 12वीं मंजिल से गिरकर मौत हो गई. परिजनों के मुताबिक, बच्ची बालकनी में कपड़े उतारने गई थी, तभी पैर फिसलने से वह नीचे गिर गई.
डरे वीरेंद्र सहवाग के बच्चे, रिएलिटी शो होस्ट करने से किया मना
वीरेंद्र सहवाग ‘Rise and Fall 2’ होस्ट करने जा रहे हैं. शो को लेकर बच्चों का मजेदार रिएक्शन सामने आया. जानें सहवाग ने क्या बताया.
Top News 26 September: पीएम मोदी का 'भजन क्लबिंग' अंदाज, जयशंकर का पाकिस्तानी पत्रकार को करारा जवाब
Top News 26 September: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी युवाओं संग भजन की धून पर झूमे। संयुक्त राष्ट्र मुख्यालय में विदेश मंत्री जयशंकर का पाकिस्तानी पत्रकार को करारा जवाब। जमुई मामले में CMO के स्टेनो पर एफआईआर। ओडिशा, छत्तीसगढ़ समेत कई राज्यों में भारी ...
उत्तराखंड में Rajya Sabha Seat के लिए BJP ने शुरू की 24 नामों पर चर्चा
भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की उत्तराखंड इकाई की कोर कमेटी ने शुक्रवार को यहां बैठक कर प्रदेश की एकमात्र राज्यसभा सीट पर 16 अक्टूबर को होने वाले चुनाव के संभावित उम्मीदवारों के नामों पर विस्तार से चर्चा की। प्रदेश महामंत्री दीप्ति रावत ने बैठक के बाद कोर कमेटी के निर्णयों की जानकारी देते हुए कहा कि पार्टी के प्रदेश मुख्यालय में हुई बैठक में सदस्यों ने संभावित उम्मीदवारों के नामों का पैनल तैयार करने की जिम्मेदारी मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी, भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट और प्रदेश महामंत्री (संगठन) फणींद्रनाथ शर्मा को सौंपी है। उन्होंने बताया कि मौजूदा राज्यसभा सदस्य नरेश बंसल का कार्यकाल समाप्त होने के कारण रिक्त होने जा रही इस सीट के लिए सामने आए सभी प्रमुख नामों पर कोर कमेटी ने विस्तृत विचार-विमर्श किया। रावत के मुताबिक, कोर कमेटी के समक्ष दावेदारों के रूप में करीब 24 नाम सामने आए हैं, जिनमें महिलाओं, अनुसूचित जाति-जनजाति, युवाओं सहित सभी वर्गों से जुड़े नाम शामिल हैं। उन्होंने कहा कि बैठक में विस्तृत चर्चा के बाद तय किया गया कि तीन या पांच नामों का पैनल मुख्यमंत्री, प्रदेश अध्यक्ष और प्रदेश महामंत्री (संगठन) द्वारा अंतिम रूप से तैयार किया जाएगा। रावत ने बताया कि कोर कमेटी के सदस्यों ने बैठक में कार्यकर्ताओं का आह्वान किया कि वे सरकार की नीतियों और विकास कार्यों का संदेश जनता तक पहुंचाएं तथा इनके आधार पर संगठन को और मजबूत बनाते हुए 2027 के विधानसभा चुनाव में लगातार तीसरी बार जीत की दिशा में आगे बढ़ें। बैठक में प्रदेश कोर कमेटी के सदस्य के रूप में पूर्व केंद्रीय मंत्री एवं अल्मोड़ा सांसद अजय टम्टा, पूर्व मुख्यमंत्री एवं हरिद्वार सांसद त्रिवेंद्र सिंह रावत, नैनीताल सांसद अजय भट्ट, टिहरी सांसद माला राज्यलक्ष्मी शाह, पूर्व मुख्यमंत्री रमेश पोखरियाल निशंक, राज्यसभा सदस्य नरेश बंसल और कल्पना सैनी भी मौजूद रहे।
प्रशांत किशोर का मिशन दिल्ली, जन सुराज बनाने जा रही संगठन; किस चुनाव में देंगे टक्कर?
प्रशांत किशोर की जन सुराज पार्टी अब दिल्ली में संगठन खड़ा करने की तैयारी में है। पार्टी 2027 MCD, 2029 लोकसभा और 2030 विधानसभा चुनाव लड़ने की तैयारी कर रही है। जानिए दिल्ली के लिए जन सुराज का पूरा प्लान और किन मुद्दों पर पार्टी की नजर है
सिपाही पति-पत्नी की बहादुरी! पलटी कार में फंसे 5 लोगों की बचाई जान- VIDEO
कन्नौज में लखनऊ-आगरा एक्सप्रेसवे पर पलटी कार में पांच लोग फंस गए थे. इसी दौरान वहां से गुजर रहे सिपाही अमित तेवतिया और उनकी पत्नी अर्चना सिंह ने तुरंत गाड़ी रोककर रेस्क्यू शुरू किया. कार का शीशा नहीं खुलने पर सिपाही ने सर्विस राइफल से शीशा तोड़ा और दोनों ने मिलकर पांचों लोगों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया.
रोल के लिए मशहूर एक्टर ने मुंडवाया सिर, खुद से हुई नफरत
एक्टर रघुबीर यादव ने वेब सीरीज 'हुंकार: द रोर' में धर्मगुरु बापजी का किरदार निभाने के लिए अपना सिर मुंडवा लिया. उन्होंने विग का इस्तेमाल नहीं किया और इस बदलाव ने उन्हें किरदार के करीब लाया.
वॉशिंगटन में ट्रंप-जिनपिंग मुलाकात से अमेरिका-चीन को क्या हुआ हासिल? देखें कूटनीति
डोनाल्ड ट्रंप ने वॉशिंगटन में चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग का शाही अंदाज में स्वागत किया. रेड कार्पेट बिछाया गया, लड़ाकू विमानों की गूंज हुई और अमेरिका के बड़े टेक दिग्गज एक छत के नीचे जुटे. ट्रंप खुद जिनपिंग की अगवानी के लिए एयरबेस पहुंचे. लेकिन इस सब के बाद असली सवाल यही है कि इस मुलाकात से हासिल क्या हुआ? देखें कूटनीति.
ईरान ने रखा 7 दिनों में होर्मुज खोलने का प्रस्ताव, डोनाल्ड ट्रंप का क्या है प्लान
ईरान ने अमेरिका के सामने प्रस्ताव रखा था कि अगर अमेरिका नाकाबंदी हटाता है और ईरानी तेल पर लगे प्रतिबंधों को हटाता है तो वह सात दिनों में होर्मुज को खोलने और बातचीत बहाल करने पर विचार कर सकता है।
'ट्रंप ने हमें बचा लिया...', शहबाज के भाषण में दिखा ऑपरेशन सिंदूर का खौफ
पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने संयुक्त राष्ट्र महासभा में अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के समय पर हस्तक्षेप की तारीफ की, जिससे दक्षिण एशिया में बड़े पैमाने पर जानें बचीं.
44 साल का मैराथन में सूखा खत्म, सावन ने एशियन गेम्स में रचा इतिहास
सावन बरवाल ने एशियन गेम्स 2026 में पुरुष मैराथन का सिल्वर मेडल जीतकर इतिहास रच दिया. 2:11:37 के पर्सनल बेस्ट समय के साथ उन्होंने 44 साल बाद भारत को इस स्पर्धा में पदक दिलाया. जापान के इचिटाका यामाशिता ने गोल्ड जीता, जबकि चीन के पेइयू फेंग को ब्रॉन्ज मिला. सावन ने रेस के बड़े हिस्से में बढ़त भी बनाए रखी.
'शर्तें मंजूर नहीं', ट्रंप ने खारिज किया ईरान का प्लान, अब फिर होगी बमबारी?
ईरान ने 7 दिन में स्ट्रेट ऑफ होर्मुज खोलने का प्रस्ताव रखा था. साथ ही परमाणु मुद्दे पर अमेरिका के साथ बातचीत फिर शुरू करने की बात कही गई थी. ट्रंप ने इस प्रस्ताव को खारिज कर दिया है. अब नवंबर के मिडटर्म चुनाव के बाद ईरान पर फिर सैन्य कार्रवाई की संभावना जताई जा रही है.
रागी खाने की ये गलती सेहत पर पड़ सकती है भारी! जानें सही तरीका
How to Eat Ragi: रागी सेहत के लिए फायदेमंद है ये तो हम सभी जानते हैं. लेकिन क्या आप जानते हैं कि अगर रागी को सही तरीके से डाइट में शामिल न किया गया तो यह फायदे कि जगह सेहत को नुकसान भी पहुंचा सकती है. इसका असर डाइजेशन और शरीर में पोषक तत्वों के अवशोषण पर पड़ सकता है.
Dr Virendra Kumar और Rekha Gupta ने दिल्ली में 62 दिव्यांग प्रतिभाओं को किया सम्मानित
केंद्रीय सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्री डॉ. वीरेंद्र कुमार ने शुक्रवार को कहा कि समाज में दिव्यांगजनों की क्षमताओं को पहचानना और उन्हें आगे बढ़ने के अवसर उपलब्ध कराना सामूहिक जिम्मेदारी है। उन्होंने कहा कि जब दिव्यांगजनों को समान अवसर और आवश्यक सहयोग मिलता है, तो वे अपनी प्रतिभा के बल पर उल्लेखनीय उपलब्धियां हासिल करते हैं। कुमार ने यह टिप्पणी दिल्ली सरकार द्वारा तालकटोरा स्टेडियम में दिव्यांगजनों की उपलब्धियों को सम्मानित करने के लिए आयोजित एक एक विशेष कार्यक्रम में की। इस कार्यक्रम में कुमार और मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने 62 व्यक्तियों, संस्थाओं और संगठनों को सम्मानित किया। ‘सेवा संकल्प अभियान’ के तहत आयोजित इस कार्यक्रम का नाम ‘एक शाम दिव्यांगजन के नाम’ था। मुख्यमंत्री ने कहा कि ‘सेवा’ केवल सहायता देने तक सीमित नहीं है, बल्कि यह सम्मान, संवेदना, समान अवसर और आत्मनिर्भरता की भावना का नाम है। उन्होंने कहा, “दिव्यांगजनों की प्रतिभा और उपलब्धियां समाज के लिए प्रेरणा हैं। ऐसे कार्यक्रम उनकी उपलब्धियों को पहचान देने के साथ-साथ समाज में उनके प्रति सम्मान और समावेश की भावना को और मजबूत करते हैं।”गुप्ता ने कहा कि कार्यक्रम में शामिल प्रत्येक दिव्यांगजन की अपनी एक प्रेरणादायक कहानी है। एक बयान के अनुसार, कार्यक्रम में 178 दिव्यांगजनों को सहायक उपकरण और आवश्यक किट भी वितरित किए गए। बयान में कहा गया कि कार्यक्रम का उद्देश्य दिव्यांगजनों की प्रतिभा और उपलब्धियों को सामने लाना तथा जनभागीदारी के माध्यम से समान अवसर, गरिमा, सहयोग और सशक्तीकरण को बढ़ावा देना था। सम्मानित किए गए लोगों में आईएएस अधिकारी, कंपनियों और बैंकों में महत्वपूर्ण पदों पर कार्यरत व्यक्ति, पैरालंपिक पदक विजेता, अंतरराष्ट्रीय स्तर के दृष्टिबाधित क्रिकेट खिलाड़ी तथा कला, शिक्षा, सामाजिक सेवा और पुनर्वास के क्षेत्र में काम करने वाले लोग शामिल थे। दिव्यांगजनों के कल्याण और सशक्तीकरण के लिए काम करने वाले संगठनों और गैर-सरकारी संगठनों को भी सहायता, पुनर्वास और सामाजिक सहयोग के क्षेत्र में उनके योगदान के लिए सम्मानित किया गया। बयान में कहा गया कि कार्यक्रम में ‘मैं सक्षम हूं’ विषय के तहत पैरा एथलेटिक्स, पैरा शूटिंग, पैरा बैडमिंटन, पैरा टेबल टेनिस, पैरा तीरंदाजी, कला, नृत्य और अभिनय, उद्यमिता, सामाजिक उद्यमिता, पर्वतारोहण, शिक्षा, समावेशन, महिला सशक्तीकरण, सामाजिक सेवा और पुनर्वास के क्षेत्र में उपलब्धियों को प्रदर्शित किया गया। इसमें कहा गया कि 178 लाभार्थियों को व्हीलचेयर, वॉकर, व्हीलचेयर-कम-कमोड, श्रवण यंत्र, चश्मे, सिलिकॉन फोम कुशन, स्पाइनल सपोर्ट बेल्ट, और सर्वाइकल कॉलर समेत अन्य सहायक उपकरण और किट प्रदान किए गए। प्रतिभागियों को विशिष्ट दिव्यांगता पहचान पत्र (यूडीआईडी) कार्ड के लिए आवेदन प्रक्रिया की जानकारी भी दी गई।
हिमेश रेशमिया संग लौट रहा 'इंडियन आइडल', प्रोमो रिलीज
सोनी एंटरटेनमेंट टेलीविजन अब 'इंडियन आइडल: लेजेंड्स रिटर्न' के साथ उन जाने-पहचाने नामों में से कई को एक साथ वापस ला रहा है. शो का पहला प्रोमो आउट हो गया है.
कांगो में बड़ा प्लेन क्रैश, 2 लेफ्टिनेंट जनरल समेत 14 लोगों की मौत
कांगो में एक सैन्य विमान तकनीकी खराबी के कारण हादसा हो गया. इसमें सेना के दो वरिष्ठ अधिकारियों समेत 14 लोगों की मौत हो गई. हादसा किकविट से किंशासा लौटते समय हुआ. सेना ने जांच शुरू कर दी है. हादसे के कारणों का पता लगाया जा रहा है.
Attica Gold पर ED का एक्शन, चोरी का सोना खरीदने के आरोप में 16 ठिकानों पर तलाशी
प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने शुक्रवार को कहा कि उसने बेंगलुरु स्थित एक आभूषण कंपनी के खिलाफ धन शोधन जांच के तहत कई राज्यों में छापेमारी की और 7.52 लाख रुपये नकद जब्त किए। एजेंसी का आरोप है कि यह कंपनी चोरी का सोना खरीदने के काम में ‘‘लगातार शामिल’’ रही है। ईडी ने एक बयान में कहा कि बेंगलुरु स्थित अटिका गोल्ड प्राइवेट लिमिटेड के खिलाफ मामले में दो दिन तक तलाशी की कार्रवाई 24 सितंबर को पूरी हुई। यह कार्रवाई बेंगलुरु (कर्नाटक), चेन्नई (तमिलनाडु), हैदराबाद (तेलंगाना) और विशाखापत्तनम (आंध्र प्रदेश) में स्थित 16 परिसरों में की गई। यह कार्रवाई उन आरोपों के आधार पर की गई कि कंपनी चोरी के सोने के जेवरात खरीदने और हासिल करने के काम में लगातार शामिल थी। एजेंसी ने कहा कि कंपनी, उसके शेयरधारकों और निदेशकों ने अपने करीबी लोगों, परिवार के सदस्यों और सहयोगियों के माध्यम से अपराध से अर्जित धन जमा किया। धन शोधन निवारण अधिनियम (पीएमएलए) के तहत ईडी का मामला पुलिस की कई प्राथमिकी पर आधारित है। एजेंसी ने कहा कि निदेशालय द्वारा आरोपियों की धन शोधन गतिविधियों और प्रक्रियाओं के संबंध में जुटाई गई विभिन्न सत्यापन योग्य जानकारियों से इन आरोपों को ‘‘और बल मिला।’’एजेंसी ने कहा कि उसने कंपनी के निदेशकों, पूर्व निदेशकों, शेयरधारकों, मुख्यालय और शाखाओं समेत कुछ अन्य परिसरों की भी तलाशी ली। आरोप है कि छापेमारी के दौरान कंपनी के अधिकारी ‘‘फरार रहे’’ और उन्होंने अपने कर्मचारियों को भी ‘‘उपलब्ध न रहने’’ के निर्देश दिए। एजेंसी ने तलाशी के दौरान कुछ विदेशी मुद्रा, सोने-चांदी की वस्तुओं के अलावा 7.52 लाख रुपये नकद जब्त किए।
Apple iPhone 2027 Price: बढ़ सकती है ऐसे कीमतें
2027 में Apple के iPhone की कीमतों पर दबाव बढ़ सकता है. रिपोर्ट्स के मुताबिक, AI की बढ़ती मांग के कारण मेमोरी चिप की कीमतें बढ़ रही हैं और Apple ने Samsung से मेमोरी के लिए ज्यादा कीमत स्वीकार की है. इसका असर भविष्य के iPhone की कीमत पर पड़ सकता है.
122 दिन तक रहेगी शनि की खास कृपा, 5 राशियों को धन लाभ
Shani Nakshatra Parivartan 2026: शनि 9 अक्टूबर 2026 को उत्तर भाद्रपद नक्षत्र में प्रवेश करेंगे. ज्योतिषीय मान्यता के अनुसार इस बदलाव से 5 राशियों को धन, करियर और कारोबार में लाभ के संकेत मिल सकते हैं.
उमर खालिद पर बनी डाक्यूमेंट्री दिखाए जाने छिड़ा विवाद, एबीवीपी ने कड़ी निंदा की
अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (एबीवीपी) ने शुक्रवार को नालसार यूनिवर्सिटी ऑफ लॉ में छात्रों के एक समूह द्वारा जेल में बंद उमर खालिद पर बनी डाक्यूमेंट्री दिखाए जाने की आलोचना की।
अमेरिका में भी शुरू होगा SIR, ट्रंप के फैसले को सुप्रीम कोर्ट की हरी झंडी
अमेरिकी सुप्रीम कोर्ट ने ट्रंप प्रशासन को राहत देते हुए राज्यों को मतदाता सूची में नागरिकता सत्यापन के लिए SAVE सिस्टम के इस्तेमाल की अनुमति दे दी है. कोर्ट ने निचली अदालत के उस फैसले पर भी रोक लगा दी, जिसने संशोधित SAVE सिस्टम के इस्तेमाल को अवैध बताया था.
विपक्ष की आलोचनाओं से नहीं पड़ता फर्क, DMK पर सवाल जारी रहेंगे: Vijay
तमिलनाडु के मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय ने कहा कि उनकी ‘‘मोटी चमड़ी’’ के कारण विपक्ष, खासकर द्रविड़ मुनेत्र कषगम (द्रमुक) की आलोचनाओं का उन पर कोई असर नहीं होता और वह बेझिझक उसके पुराने रिकॉर्ड पर लगातार सवाल उठाते रहेंगे। मुख्यमंत्री विजय छह अक्टूबर को होने वाले विधानसभा उपचुनाव के लिए मदुरांतकम सीट से अपनी पार्टी तमिलगा वेत्री कषगम (टीवीके) के उम्मीदवार मरगतम कुमारवेल के लिए प्रचार कर रहे थे। टीवीके प्रमुख ने द्रमुक की उस रणनीति पर भी निशाना साधा, जिसमें उनकी आलोचनाओं को पुराना बताकर खारिज किया जाता है। उन्होंने दावा किया कि द्रमुक यह मानकर चलती है कि युवा पीढ़ी 50 साल पुराने भ्रष्टाचार के मामलों से अनजान है और इसी वजह से वह अपनी ‘‘बेदाग छवि’’ बनाए रखने में सफल रही है। विजय ने कहा, ‘‘जब मैं ये पुराने मामले उठाता हूं, तो वे हमारे खिलाफ घटिया और मानहानिकारक हमले करने लगते हैं।’’उन्होंने कहा, ‘‘क्या आपने ‘मोटी चमड़ी’ वाला मुहावरा सुना है? दुनिया में इसका सबसे बड़ा उदाहरण मैं हूं। इस क्षेत्र में आने से पहले मैंने 30-35 साल तक बहुत कुछ देखा है। इसलिए इनमें से कुछ भी मेरे लिए नया नहीं है। बल्कि मुझे लगता है कि यह भी काफी नहीं है और मैं इससे भी ज्यादा की उम्मीद करता हूं।
सऊदी की रक्षा के लिए 'इस्लामिक NATO' एकजुट, रियाद की मीटिंग में क्या हुआ?
सऊदी की सुरक्षा को लेकर रियाद में मक्का पैक्ट के तीनों देशों के सैन्य प्रमुखों की बैठक हुई. पाकिस्तान, तुर्किए और सऊदी अरब ने सैन्य सहयोग बढ़ाने की बात कही.
Badrinath में संगीत कार्यक्रम पर Murli Manohar Joshi ने जताई आपत्ति, रोक लगाने की मांग
भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के वरिष्ठ नेता मुरली मनोहर जोशी ने उत्तराखंड के बद्रीनाथ में हाल में आयोजित एक सांस्कृतिक उत्सव पर शुक्रवार को कड़ा ऐतराज जताते हुए कहा कि किसी पवित्र स्थल पर ऐसे संगीत कार्यक्रम की अनुमति देना न केवल सांस्कृतिक मर्यादा का उल्लंघन है, बल्कि पवित्र धाम की शुचिता पर सीधा हमला भी है। जोशी ने केंद्र और उत्तराखंड सरकार से ऐसे आयोजनों पर रोक लगाकर ‘‘देवभूमि’’ की पवित्रता बनाए रखने का आग्रह किया। मीडिया की खबरों के अनुसार उत्तराखंड के चमोली जिले के बद्रीनाथ शहर में ‘संस्कृति हमारी धरोहर, हमारा भविष्य’ विषय पर दो दिवसीय देवभूमि सांस्कृतिक महोत्सव का आयोजन किया गया था। जोशी ने इस घटनाक्रम पर तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर पोस्ट कर कहा, ‘‘बद्रीनाथ धाम में संगीत समारोह को अनुमति प्रदान करना न केवल सांस्कृतिक मर्यादाओं का उन्लंघन है अपितु धाम की पवित्रता पर भी सीधा आघात है।’’उन्होंने कहा कि आदि गुरु शंकराचार्य ने शांतिपूर्ण भजन गायन और प्रभु भक्ति के लिए विशेष रूप से हिमालयी वातावरण के बीच बद्रीनाथ धाम की स्थापना की थी। भाजपा के पूर्व अध्यक्ष ने कहा, ‘‘उल्लेखनीय है की इस स्थान पर शंख बजाना भी मना है परंतु हम उसे भूलकर शोर शराबे वाले संगीत कार्यक्रमों का आयोजन कर भारतीय आध्यात्मिक, सांस्कृतिक, पर्यावरणीय मूल्यों की घोर उपेक्षा तो कर ही रहे है साथ में इतनी ऊचाई पर हजारों लोगों के नाचने से स्वास्थ पर पड़ने वाले दुष्प्रभावों की भी उपेक्षा कर रहे है। ’’उन्होंने दुख व्यक्त करते हुए कहा कि यह इस बात का प्रतीक है कि ‘‘देवभूमि’’ में ‘‘बाजारू संस्कृति’’ अपनी जड़ें जमा रही है। जोशी ने केंद्र और उत्तराखंड सरकार से ऐसे आयोजनों पर रोक लगाकर ‘‘देवभूमि’’ की पवित्रता बनाए रखने का आग्रह किया।
साइबर अपराध के बढ़ते मामलों के बीच ठगी से बचाव, शिकायत और पैसा वापस पाने की प्रक्रिया को लेकर लोगों के अनुभव मिले-जुले हैं।
सावन बरवाल का धमाल, देश के लिए जीता सिल्वर मेडल
Asian Games 2026 Day 7 Live Updates: नागोया एशियन गेम्स 2026 का आज (26 सितंबर) सातवां दिन है. आज भारतीय खिलाड़ी एथलेटिक्स, शूटिंग, कबड्डी, हॉकी, फेंसिंग, बॉक्सिंग, स्क्वैश, तीरंदाजी, सेलिंग, सर्फिंग, बैडमिंटन जैसे खेलों में अपना दमखम दिखा रहे हैं. एशियन गेम्स में सातवें दिन के एक्शन से जुड़े अपडेट्स के लिए हमारे साथ बने रहिए...
साउथ इंडिया घूमने का बना रहे हैं प्लान? ये 10 हिल स्टेशन रहेंगे बेस्ट
Best hill stations in South India: हिमालय के अलावा दक्षिण भारत में भी कई ऐसे खूबसूरत हिल स्टेशन हैं, जहां आपको पहाड़ों के साथ हरियाली, झरने और चाय-कॉफी के बागान देखने को मिलेंगे. अगर आप कुछ अलग जगह एक्सप्लोर करना चाहते हैं तो इन हिल स्टेशनों का रुख कर सकते हैं.
UNGA में ग्लोबल नेता, लोकल भाषण
संयुक्त राष्ट्र महासभा में दुनिया के युद्धग्रस्त देशों के नेताओं के पास मौका था आपस में मिलकर बैठकर विवाद सुलझाने का. लेकिन, उन्होंने अपनी स्थानीय जनता को आकर्षित करने के लिए आक्रामक धमकियां दीं, किसी ने गाली तो कोई वॉकआउट करके ही मैसेज दे गया.
चुनाव आयोग पर NDA के भीतर अलग सुर, भाजपा के 3 सहयोगी दलों ने खुलकर मांगा जवाब
SIR विवाद के बीच NDA के तीन सहयोगी दलों ने चुनाव आयोग से स्थिति स्पष्ट करने की मांग की है। चिराग पासवान, उपेंद्र कुशवाहा और TDP ने जनता के भरोसे और चुनावी प्रक्रिया में पारदर्शिता को लेकर EC से सफाई मांगी।
Deendayal Upadhyaya की जयंती पर UP BJP ने अंत्योदय का संकल्प दोहराया
भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की उत्तर प्रदेश इकाई के अध्यक्ष पंकज चौधरी ने शुक्रवार को कहा कि पंडित दीनदयाल उपाध्याय ने अपने विचारों, कार्यों और स्थापित आदर्शों के माध्यम से सांस्कृतिक राष्ट्रवाद और ‘अंत्योदय’ (समाज के अंतिम व्यक्ति का उत्थान) का मार्ग प्रशस्त किया। प्रदेश भाजपा मुख्यालय द्वारा जारी एक बयान के अनुसार, ‘एकात्म मानववाद’ के प्रणेता उपाध्याय की जयंती पर शुक्रवार को उत्तर प्रदेश में पार्टी ने ‘अंत्योदय’ की भावना को आगे बढ़ाने के संकल्प के साथ विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए। केंद्रीय वित्त राज्य मंत्री चौधरी और प्रदेश भाजपा के महामंत्री (संगठन) धर्मपाल सिंह ने पार्टी के प्रदेश मुख्यालय में उपाध्याय के चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित की। ‘अंत्योदय’ के प्रणेता उपाध्याय को श्रद्धांजलि देते हुए चौधरी ने कहा कि उनके दर्शन का मूल विचार यह था कि मानव की प्रगति का अर्थ उसके शरीर, मन, बुद्धि और आत्मा-इन चारों पक्षों का विकास है। उन्होंने कहा कि उपाध्याय ने अपने विचारों, कार्यों और स्थापित आदर्शों के माध्यम से जनकल्याण के लिए सांस्कृतिक राष्ट्रवाद और ‘अंत्योदय’ का मार्ग प्रशस्त किया। चौधरी ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) का प्रत्येक कार्यकर्ता उनके बताए मार्ग पर चलने के लिए प्रतिबद्ध है।
सहयोगियों के बदलते सुर से कितना असहज हुआ एनडीए
एनडीए में सहयोगी दलों के हालिया बयानों से गठबंधन की राजनीति में अलग-अलग आवाजें सामने आई हैं. चुनाव आयोग से जुड़े विवाद से लेकर यूसीसी तक, सहयोगियों के रुख ने ध्यान खींचा है. अब सवाल है कि ये बयान सिर्फ अपनी राजनीतिक बात रखने तक सीमित हैं या आने वाले समय में गठबंधन की राजनीति पर भी असर डालेंगे.
मिथुन राशि वाले कमाएंगे तगड़ा धन लाभ, जानें अन्य राशियों का हाल
Aaj ka Rashifal 26 सितंबर 2026, Horoscope Today: आज भाग्य का पूरा साथ मिलने वाला है. लंबे समय से रुके हुए सभी काम पूरे होंगे और परिवार से पूरा सपोर्ट मिलेगा.
मौसम विभाग ने दिल्ली, बिहार, मध्य प्रदेश समेत देश के 15 राज्यों में भारी बारिश की चेतावनी जारी की है। अगले 24 से 48 घंटों के दौरान इन इलाकों में मूसलाधार बारिश हो सकती है।
जून 2026 में एआई एजेंट ने ऑस्ट्रेलियाई सरकार के मेडिकेयर स्टैटिस्टिक्स पोर्टल में बिना अनुमति के कुछ गैर-सार्वजनिक फाइलों तक पहुंच बना ली। इस घटना ने भारत के सामने भी कई सवाल खड़े किए हैं।
भजन क्लबिंग में पहुंचे पीएम मोदी, बजाई खंजरी, Gen Z के साथ भक्ति के रंग में रंगे दिखे
दिल्ली में भक्ति का अंदाज बदला, मंच वही, लेकिन माहौल कॉन्सर्ट जैसा नजर आया। भजनों की धुन पर झूमती Gen Z, तालियों की गूंज और इसी बीच दर्शकों के बीच बैठे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी।
यूपी के इन जिलों में बारिश का रेड अलर्ट, स्कूल बंद हुए बंद, सीएम योगी ने जारी किए निर्देश
उत्तर प्रदेश में मौसम ने एक बार फिर करवट ली है। आसमान से आफत बरसने की चेतावनी है, तो कई जिलों में बाढ़ का खतरा भी मंडरा रहा है। बारिश, आंधी और वज्रपात के अलर्ट के बीच योगी सरकार ने मोर्चा संभाल लिया है।
राजस्थान में भाजपा का 'क्लीन स्वीप': 10 में से 9 नगर निगमों में bjp का महापौर, विपक्ष का सूपड़ा साफ
जयपुर सहित राजस्थान के तीन बड़े शहरों में नगर निगम के महापौर पद पर भाजपा के उम्मीदवारों ने जीत हासिल की है।ऐसे में अब राजस्थान के 10 में से नौ नगर निगमों में भाजपा के महापौर होंगे, जबकि केवल बीकानेर में कांग्रेस का महापौर बना है।
फर्जी दस्तावेज से 19 वर्षों तक छत्तीसगढ़ में नौकरी करता रहा बांग्लादेशी, STF ने छापेमारी में दबोचा
बांग्लादेश से वर्ष 2005 में भारत आने के बाद पिछले 19 वर्षों से फर्जी दस्तावेज के सहारे छत्तीसगढ़ के बिलासपुर में रहकर नौकरी कर रहे एक व्यक्ति को स्पेशल टास्क फोर्स (एसटीएफ) और जिला विशेष शाखा की टीम ने गिरफ्तार किया है।
आज या कल, कब से शुरू होंगे पितृ पक्ष? पंडित से जानें सही तिथि
Pitra Paksha 2026: हिंदू धर्म में पितृ पक्ष (श्राद्ध पक्ष) का विशेष धार्मिक और आध्यात्मिक महत्व है. भाद्रपद माह की पूर्णिमा तिथि से शुरू होकर आश्विन माह की अमावस्या तक चलने वाले इन 16 दिनों में पूर्वजों (पितरों) के प्रति श्रद्धा और कृतज्ञता व्यक्त की जाती है. मान्यता है कि पितृ पक्ष के दौरान हमारे पूर्वज सूक्ष्म रूप में धरती पर आते हैं और परिजनों द्वारा किए गए तर्पण, पिंड दान और श्राद्ध कर्म से तृप्त होकर सुख, समृद्धि और वंश वृद्धि का आशीर्वाद देते हैं.
गूगल अंतरिक्ष में बनाएगा एआई डाटा सेंटर, धरती पर घटेगी बिजली-पानी की खपत
एआई की बढ़ती कंप्यूटिंग जरूरतों के बीच गूगल अब डाटा सेंटर को पृथ्वी से बाहर ले जाने की तैयारी कर रही है। अमेरिकी कंपनी अपने प्रोजेक्ट सनकैचर के तहत अंतरिक्ष की कक्षा में एआई कंप्यूटिंग की संभावनाओं का परीक्षण करेगी।
Chhattisgarh में भारी बारिश: CM Vishnu Deo Sai ने शनिवार को सभी स्कूलों में अवकाश घोषित किया
छत्तीसगढ़ में लगातार हो रही भारी बारिश को देखते हुए मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने शनिवार, 26 सितंबर को राज्य के सभी स्कूलों में अवकाश घोषित किया है। अधिकारियों ने शुक्रवार को यह जानकारी दी। अधिकारियों के अनुसार, प्रदेश में लगातार हो रही भारी बारिश और मौजूदा मौसम की स्थिति को देखते हुए मुख्यमंत्री ने बच्चों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए शनिवार को सभी स्कूलों में अवकाश रखने के निर्देश दिए हैं। मुख्यमंत्री ने कहा, ‘‘भारी बारिश के कारण कई क्षेत्रों में जलभराव, नदी-नालों के जलस्तर में वृद्धि तथा आवागमन में कठिनाई की स्थिति उत्पन्न हो सकती है। ऐसी परिस्थितियों में स्कूली बच्चों को किसी प्रकार का जोखिम न उठाना पड़े, इसे ध्यान में रखते हुए प्रदेशभर के विद्यालयों में अवकाश रखने का निर्णय लिया गया है।’’साय ने अभिभावकों से बच्चों को घर पर रखने, सतर्क रहने और अनावश्यक यात्रा से बचने का अनुरोध किया है। अधिकारियों ने बताया कि मुख्यमंत्री ने संबंधित विभागों और सभी जिला कलेक्टरों को आदेश का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने बस्तर संभाग सहित प्रदेश के विभिन्न हिस्सों में लगातार बारिश के कारण उत्पन्न बाढ़ और जलभराव की स्थिति को देखते हुए सभी संबंधित जिला कलेक्टरों को पूरी सतर्कता के साथ राहत एवं बचाव कार्य संचालित करने को कहा है। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रभावित क्षेत्रों में जरूरतमंद लोगों तक सहायता पहुंचाने में किसी प्रकार की देरी नहीं होनी चाहिए। आम नागरिकों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है और प्रशासन हर परिस्थिति से निपटने के लिए तैयार रहे। साय ने प्रभावित क्षेत्रों की स्थिति की लगातार निगरानी करने के निर्देश देते हुए कहा कि निचले इलाकों तथा नदी-नालों के आसपास बसे गांवों और बस्तियों पर विशेष नजर रखी जाए। जलस्तर बढ़ने या बाढ़ की आशंका होने पर लोगों को समय रहते सचेत किया जाए और जरूरत पड़ने पर उन्हें तत्काल सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया जाए। अधिकारियों के अनुसार, मुख्यमंत्री ने आगामी दिनों में लगातार बारिश की संभावना को देखते हुए जिला प्रशासन को पूरी तरह सतर्क रहने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने राहत एवं बचाव दलों को आवश्यक संसाधनों के साथ तैयार रखने को कहा है। साय ने अधिकारियों को प्रभावित लोगों के लिए आवश्यकता के अनुसार सुरक्षित आश्रय, भोजन, स्वच्छ पेयजल, दवाइयों और अन्य जरूरी सुविधाएं सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार बाढ़ और जलभराव की स्थिति पर लगातार नजर रख रही है। उन्होंने जिला कलेक्टरों से मैदानी अमले को सक्रिय रखने तथा स्थानीय स्तर पर मिलने वाली प्रत्येक सूचना पर त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित करने को कहा है। साय ने प्रदेशवासियों से भी सावधानी बरतने की अपील की है। उन्होंने लोगों से अनावश्यक रूप से जलभराव वाले क्षेत्रों, उफनती नदियों-नालों और तेज बहाव वाले स्थानों पर नहीं जाने तथा जिला प्रशासन द्वारा समय-समय पर जारी दिशा-निर्देशों का पालन करने को कहा है।
सपा के वरिष्ठ नेता और पूर्व मंत्री Ram Govind Chaudhary का 74 वर्ष की उम्र में निधन
समाजवादी पार्टी (सपा) के वरिष्ठ नेता और उत्तर प्रदेश के पूर्व मंत्री राम गोविंद चौधरी का शुक्रवार रात लखनऊ स्थित संजय गांधी आयुर्विज्ञान संस्थान (एसजीपीजीआई) में उपचार के दौरान निधन हो गया। वह करीब 74 वर्ष के थे। सपा के एक नेता ने यह जानकारी दी। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव समेत कई नेताओं ने चौधरी के निधन पर शोक व्यक्त करते हुए उन्हें श्रद्धांजलि दी। सपा के मीडिया प्रभारी सुशील पांडेय ने पीटीआई-को बताया कि उत्तर प्रदेश विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष रह चुके राम गोविंद चौधरी ने शुक्रवार रात करीब नौ बजे एसजीपीजीआई में अंतिम सांस ली। चौधरी लंबे समय से हृदय और गुर्दे संबंधी बीमारियों से जूझ रहे थे। लखनऊ के मेदांता अस्पताल में उनके हृदय का ऑपरेशन भी हुआ था। मैक्स अस्पताल, लखनऊ में भी उनका लंबे समय तक उपचार चला और डायलिसिस हुई। करीब दो सप्ताह पहले उन्हें एसजीपीजीआई में भर्ती कराया गया था। छात्र जीवन से ही संघर्ष शुरू करने वाले चौधरी समाजवादी आंदोलन से जुड़े और जीवनभर समाज के कमजोर तथा वंचित वर्गों की आवाज उठाते रहे। बलिया जिले के सिकंदरपुर क्षेत्र के एक गांव में नौ जुलाई 1953 को जन्मे चौधरी तीन भाइयों में सबसे बड़े थे। वर्ष 1972 में वह टाउन कॉलेज छात्रसंघ के महामंत्री और 1974 में अध्यक्ष निर्वाचित हुए। आपातकाल के दौरान उन्होंने लोकतांत्रिक अधिकारों की रक्षा के लिए संघर्ष किया और जनपद छात्र युवा वाहिनी के सह-संयोजक रहे। पारिवारिक सूत्रों के अनुसार, उनकी गिरफ्तारी के लिए इनाम घोषित किया गया था और आंदोलन के दौरान टीडी कॉलेज परिसर से उन्हें गिरफ्तार किया गया। करीब 24 महीने जेल में रहने के बाद जब वह बलिया जेल से बाहर आए, तो उनके राजनीतिक जीवन का एक नया अध्याय शुरू हुआ। उनकी रिहाई का दिन भी एक महत्वपूर्ण संयोग लेकर आया। उसी दिन बलिया कलेक्ट्रेट में पूर्व प्रधानमंत्री चंद्रशेखर लोकसभा चुनाव के लिए बलिया से नामांकन दाखिल करने पहुंचे थे। राम गोविंद चौधरी के साथ उमड़े छात्रों के हुजूम को देखकर चंद्रशेखर ने उन्हें मिलने के लिए बुलाया। यह मुलाकात आगे चलकर उनके बीच आत्मीय संबंध और राजनीतिक मार्गदर्शन का आधार बनी। वर्ष 1977 में चौधरी ने तत्कालीन चिलकहर विधानसभा क्षेत्र से जनता पार्टी के उम्मीदवार के रूप में चुनाव लड़ा और पहली बार विधानसभा पहुंचे। इसके बाद उन्होंने 1977 से 1991 तक लगातार पांच बार इस क्षेत्र का विधानसभा में प्रतिनिधित्व किया। मुलायम सिंह यादव के मंत्रिमंडल में 1991 में वह पहली बार मंत्री बने और कैबिनेट मंत्री के रूप में खाद्य प्रसंस्करण एवं उद्यान विभाग की जिम्मेदारी संभाली। वर्ष 2000 में वह समाजवादी जनता पार्टी (सजपा) के प्रदेश अध्यक्ष बने। वर्ष 2002 में उन्होंने बांसडीह विधानसभा क्षेत्र से सजपा के उम्मीदवार के रूप में सपा के समर्थन से चुनाव लड़ा और तत्कालीन कैबिनेट मंत्री बच्चा पाठक को हराकर विधानसभा पहुंचे। वर्ष 2004 में मुलायम सिंह यादव के मंत्रिमंडल में उन्हें बाल विकास एवं पुष्टाहार विभाग का कैबिनेट मंत्री बनाया गया। वर्ष 2007 में वह बांसडीह सीट से चुनाव हार गए, लेकिन 2012 में उन्होंने फिर इस सीट पर जीत हासिल की और अखिलेश यादव के नेतृत्व वाली सरकार में बेसिक शिक्षा तथा बाल विकास एवं पुष्टाहार विभाग के कैबिनेट मंत्री बने। बाद में उन्होंने समाज कल्याण और पंचायती राज जैसे महत्वपूर्ण विभागों की जिम्मेदारी भी संभाली। वर्ष 2017 में उन्होंने निर्दलीय उम्मीदवार केतकी सिंह को हराया। इसके बाद उन्हें उत्तर प्रदेश विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष की जिम्मेदारी मिली। संपूर्ण क्रांति के प्रणेता लोकनायक जयप्रकाश नारायण के साथ काम कर चुके चौधरी पूर्व प्रधानमंत्री चंद्रशेखर के करीबी माने जाते थे। उनके निधन की खबर मिलते ही बलिया में शोक की लहर दौड़ गई। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में शोक व्यक्त करते हुए कहा, ‘‘उत्तर प्रदेश विधानसभा के पूर्व नेता प्रतिपक्ष एवं पूर्व मंत्री राम गोविंद चौधरी का निधन अत्यंत दुःखद है। विनम्र श्रद्धांजलि। प्रभु श्रीराम से प्रार्थना है कि दिवंगत आत्मा को सद्गति एवं शोकाकुल परिजनों को यह अथाह दुःख सहन करने की शक्ति प्रदान करें। ॐ शांति।’’सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष और उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने ‘एक्स’ पर कहा, ‘‘समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ नेता, पूर्व नेता प्रतिपक्ष राम गोविंद चौधरी का निधन अत्यंत दुःखद है। ईश्वर उनकी आत्मा को शांति प्रदान करें। शोकाकुल परिजनों को यह असीम दुःख सहने का संबल प्राप्त हो। भावपूर्ण श्रद्धांजलि।’’प्रदेश के अन्य प्रमुख नेताओं ने भी चौधरी के निधन पर शोक व्यक्त करते हुए उन्हें श्रद्धांजलि दी।
सुर्खियां: कई राज्यों में मौसम के अलर्ट जारी; आज से पितृपक्ष की शुरुआत; अमेरिका में जयशंकर पत्रकार पर बरसे-top headlines weather IMD cyclone rain alert jaishankar pak journo pitrupaksha gaya ji national global news
Allahabad High Court ने जब्त XUV के दुरुपयोग और सड़क हादसे की DGP जांच के दिए आदेश
इलाहाबाद उच्च न्यायालय ने उत्तर प्रदेश के पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) को गोपनीय एवं स्वतंत्र जांच करने का आदेश दिया है कि शराब तस्करी के मामले में जब्त महिंद्रा एक्सयूवी को पुलिस थाने से निकालकर दबिश के लिए कैसे ले जाया गया और बाद में इस वाहन से हुई दुर्घटना में एक महिला की मौत कैसे हुई। न्यायमूर्ति अनिल कुमार ने डीजीपी को आठ सप्ताह के भीतर जांच पूरी कर अनुपालन रिपोर्ट पेश करने का निर्देश दिया। अदालत ने इस बात पर भी कड़ी आपत्ति जताई कि पुलिस विभाग ने गलती करने वाले कर्मचारियों के खिलाफ केवल उनके सेवा अभिलेख में निंदा प्रविष्टि दर्ज कर विभागीय कार्रवाई समाप्त कर दी। वाहन स्वामी की ओर से जब्ती को चुनौती देते हुए दायर याचिका खारिज करते हुए अदालत ने कहा कि जब्ती के आदेश में कोई कानूनी खामी नहीं थी। हालांकि, बुलंदशहर के रामघाट थाने के पुलिस अधिकारियों द्वारा जब्त वाहन को लापरवाही से संभाले जाने से गंभीर प्रशासनिक खामियां सामने आईं। अदालत ने 22 सितंबर के अपने आदेश में कहा, ‘‘कथित गलत आचरण की गंभीरता और वाहन के अनधिकृत इस्तेमाल के परिणाम पर बिना किसी स्पष्ट विचार के केवल निंदा प्रविष्टि की सजा देना प्रथम दृष्टया पूरी तरह अपर्याप्त प्रतीत होता है।’’मामले के अनुसार, एक्सयूवी से कथित तौर पर अवैध शराब की 19 पेटियां बरामद होने के बाद रामघाट पुलिस ने 16 अप्रैल 2021 को वाहन जब्त किया था। जब्ती की कार्यवाही बुलंदशहर के जिलाधिकारी के समक्ष लंबित थी, तभी चार जून 2021 को वाहन को थाने से निकालकर ले जाया गया। सरकारी अधिवक्ता ने अदालत में स्वीकार किया कि हेड मोहर्रिर सीताराम ने दो कांस्टेबलों-पंकज राणा और नरेंद्र सिंह-के साथ कथित मिलीभगत कर जब्त वाहन को एक वांछित आरोपी को पकड़ने के लिए दबिश देने के उद्देश्य से सौंप दिया। यह काम कथित तौर पर तत्कालीन थाना प्रभारी (एसएचओ) वीरेंद्र सिंह की जानकारी के बिना किया गया था। तीन दिन बाद, सात जून 2021 को इस वाहन की मथुरा के राया क्षेत्र में दुर्घटना हो गई। हादसे में मनोज कुमार के माता-पिता गंभीर रूप से घायल हो गए और बाद में उनकी मां की मृत्यु हो गई। मथुरा पुलिस ने मामले में प्राथमिकी दर्ज की और वाहन को फिर से जब्त कर लिया। जब उच्च न्यायालय ने पुलिसकर्मियों के खिलाफ की गई कार्रवाई के बारे में जानकारी मांगी तो पता चला कि बुलंदशहर के तत्कालीन वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ने हेड मोहर्रिर और दोनों कांस्टेबलों के खिलाफ केवल निंदा प्रविष्टि दर्ज कर विभागीय कार्यवाही समाप्त कर दी थी। अदालत ने कहा कि यह घटना कोई सामान्य प्रक्रियागत चूक नहीं थी, बल्कि इसमें जब्त वाहन को बिना अनुमति हटाना और उसका इस्तेमाल करना शामिल था। इसी आचरण के दौरान वाहन एक जानलेवा दुर्घटना का शिकार हुआ। पीठ ने डीजीपी को यह भी जांच करने का निर्देश दिया कि क्या संबंधित पुलिसकर्मियों के आचरण के लिए चोरी, आपराधिक गबन या आपराधिक विश्वासघात जैसे आपराधिक आरोप लगाए जा सकते हैं। जांच के दायरे में तत्कालीन एसएचओ और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक की ओर से पर्यवेक्षण में हुई चूक को भी शामिल किया गया है।
'फैसला अब अमेरिका करे...', 3 शर्तों के साथ 7 दिन में होर्मुज खोलने को तैयार ईरान
ईरान ने अमेरिका के सामने 7 दिन का प्लान रखा है. तीन शर्तें मानने पर स्ट्रेट ऑफ होर्मुज खोलने की बात कही है. इसके बाद परमाणु मुद्दे पर बातचीत फिर शुरू हो सकती है.
'मैं 84 का हूं, बूढ़ा नहीं': अमरिंदर सिंह के बयान से गरमाई पंजाब की सियासत, कांग्रेस में वापसी पर क्या बोले?- I am 84 not old Amarinder Singh statement heats Punjab politics what did he say about returning to Congress
मोरक्को चुनाव में PAM की जीत, फिर भी सरकार बनाने का पेंच क्यों फंसा?
मोरक्को चुनाव में PAM सबसे बड़ी पार्टी बनी, लेकिन बहुमत से दूर रह गई. अब सरकार बनाने के लिए उसे दूसरे दलों का साथ जुटाना होगा. घोटाले के बावजूद मिली जीत के बाद पार्टी के सामने गठबंधन का गणित सुलझाने की चुनौती है.
न्यूज डायरी: मयूरभंज में जादू-टोना के शक में महिला की हत्या; बंगाल में ज्ञानेश कुमार को पद्म अवॉर्ड की मांग
'शांति के सभी प्रस्ताव खुले हैं, लेकिन...', यूक्रेन को पुतिन की चेतावनी
यूक्रेन युद्ध को लेकर पुतिन ने कहा कि शांति समझौते के सभी प्रस्ताव खुले हैं. हालांकि, रूस अपने हितों को ध्यान में रखकर अगला कदम उठाएगा. उन्होंने यूक्रेन को जवाबी हमले की चेतावनी देते हुए कहा कि उकसावे की कार्रवाई का जवाब दिया जाएगा.
26 सितंबर 2026 का क्या है अभिजित मुहूर्त और राहुकाल, जानें आज का पंचांग
Aaj 26 September 2026 का पंचांग (Aaj ka Panchang): 26 सितंबर 2026, दिन- शनिवार, भाद्रपद मास, शुक्ल पक्ष, पूर्णिमा तिथि, पूर्व भाद्रपद नक्षत्र रात 22.18 बजे तक फिर प्रतिपदा तिथि, चंद्रमा- मीन में, सूर्य- कन्या में, अभिजित मुहूर्त- सुबह 11.48 बजे से दोपहर 12.36 बजे तक, राहुकाल- सुबह 09.12 बजे से सुबह 10.42 बजे तक, दिशा शूल- पूर्व, आज पूर्णिमा का श्राद्ध है.
'केस बंद क्यों किया गया, सर?' CM विजय ने वीरमणि मामले पर स्टालिन को घेरा
तमिलनाडु में वीरमणि POCSO मामले को लेकर सीएम विजय ने स्टालिन पर सवाल उठाए. उन्होंने केस बंद करने की कोशिश और DMK-AIADMK की नजदीकी का मुद्दा उठाया. वहीं, स्टालिन ने आरोपों को खारिज किया, जबकि जांच को लेकर राजनीतिक बयानबाजी जारी है.
आज कैसा रहेगा मौसम?: यूपी के शहरों के लिए रेड अलर्ट, ओडिशा में बारिश-बाढ़ से हड़कंप, छत्तीसगढ़ में स्कूल बंद- IMD Rain alert for across country today Chaos in Odisha due to floods schools closed in Chhattisgarh UP Bihar
SIR विवाद के बीच ज्ञानेश कुमार का यूपी दौरा रद, चुनाव आयोग बोला- 'तारीखों में बदलाव रूटीन प्रक्रिया'
एसआईआर सहित चुनाव आयोग के भीतर की खींचतान को लेकर खड़े हुए विवाद के बीच मुख्य चुनाव आयुक्त (सीईसी) ज्ञानेश कुमार ने उत्तर प्रदेश का 25 और 28 सितंबर का अपना दौरा रद कर दिया है।
पीएम मोदी ने गिनाईं ‘मेक इन इंडिया’ की उपलब्धियां, बोले- आत्मनिर्भरता की ओर बढ़ा भारत
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने शुक्रवार को अपनी सरकार की ‘मेक इन इंडिया’ पहल की उपलब्धियों को रेखांकित करते हुए कहा कि बुनियादी ढांचे, उद्यम और नवाचार के विकास से देश की आर्थिक प्रगति को गति मिलती है।
जनता के जीवन को सुगम बनाने की अपील करते हुए कार्यक्रम में गडकरी ने कहा, 'मैं ट्रांसपोर्ट का मंत्री हूं, आपसे हाथ जोड़कर अनुरोध करता हूं, कि 17 सर्विसेज डिजिटल कर दी हैं, RTO ऑफिस में कोई आना ही नहीं चाहिए।'
राष्ट्रपति ने लौटा दिया एंटी-गुंडा बिल? क्या बोले पश्चिम बंगाल के सीएम शुभेंदु अधिकारी
पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने शुक्रवार को उन खबरों का खंडन किया जिनमें कहा गया कि राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने ‘गुंडा रोधी विधेयक’ को पुनर्विचार के लिए राज्य सरकार को वापस भेज दिया है।
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गंभीर बीमारियों का जोखिम 14% बढ़ा:रोज 100 ग्राम ज्यादा अल्ट्रा-प्रोसेस्ड फूड दिल के लिए घातक, मौत का कितना खतरा?
'... आज कोई पूछता तक नहीं', कैप्टन अमदिंर का बीजेपी से मोहभंग?
पंजाब की सियासत में 60 साल का अनुभव रखने वाले कैप्टन अमरिंदर सिंह ने बीजेपी में सलाह नहीं लिए जाने पर अपनी नाराजगी जाहिर की. कांग्रेस में वापसी पर उन्होंने क्या कहा, जानिए पूरी खबर.
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव को जान से मारने की धमकी देने का मामला सामने आया है। बुधवार को भोपाल के भदभदा स्थित रेडियो मुख्यालय में डायल-112 के हेल्पलाइन वाट्सएप नंबर पर एक व्यक्ति ने मुख्यमंत्री को जान से मारने की धमकी वाला मैसेज भेजा।
कैसे SIR को लेकर विपक्ष के निशाने पर हैं ज्ञानेश कुमार? देखें दस्तक
दस्तक आज मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार पर छिड़े सियासी क्लेश पर. कांग्रेस ने देश के कोने कोने में ज्ञानेश कुमार का इस्तीफा या बर्खास्तगी की मांग को लेकर, विरोध प्रदर्शन किया. कांग्रेस के कई बड़े नेता भी सड़कों पर उतरे. तो राहुल गांधी ने एक नए वीडियो से, ज्ञानेश कुमार को सीधी चुनौती दी कि, भारत के युवा आपको एक्सपोज़ करेंगे. एक तरफ कांग्रेस, तो दूसरी तरफ CJP यानी कॉकरोच जनता पार्टी ने भी, ज्ञानेश कुमार को 48 घंटे की डेडलाइन दी है. देखें...
NIA कोर्ट ने PFI के 4 सदस्यों को शशिकुमार मर्डर केस में सुनाई उम्रकैद
राष्ट्रीय अन्वेषण अभिकरण (एनआईए) की विशेष अदालत ने तमिलनाडु के कोयंबटूर में 2016 में हिंदू मुन्नानी नेता सी. शशिकुमार की हत्या के मामले में प्रतिबंधित संगठन ‘पॉपुलर फ्रंट ऑफ इंडिया’ (पीएफआई) के चार सक्रिय सदस्यों को शुक्रवार को उम्रकैद की सजा सुनाई। केंद्र सरकार द्वारा वर्ष 2022 में पीएफआई पर प्रतिबंध लगाए जाने के बाद संगठन के सदस्यों को सजा सुनाए जाने का एनआईए का यह पहला मामला है। एनआईए द्वारा जारी बयान के अनुसार, चेन्नई के पूनामल्ली स्थित विशेष अदालत ने सद्दाम हुसैन, सुबैर, मुबारक और मोहम्मद रफीकुल हसन को दोषी ठहराते हुए प्रत्येक को आजीवन कारावास और 30-30 हजार रुपये के जुर्माने की सजा सुनाई। बयान में कहा गया कि हिंदू मुन्नानी के प्रवक्ता सी. शशिकुमार की 22 सितंबर 2016 को कोयंबटूर में धारदार हथियारों से वार कर हत्या कर दी गई थी। इस लक्षित हत्या का मुख्य उद्देश्य समाज के एक वर्ग में दहशत पैदा करना और क्षेत्र में सांप्रदायिक तनाव फैलाना था। इस हत्याकांड के बाद कोयंबटूर शहर और कोयंबटूर ग्रामीण सहित तमिलनाडु के छह जिलों में बड़े पैमाने पर हिंसा शुरू हो गई थी, जिसके बाद राज्य पुलिस ने 300 से अधिक प्राथमिकी दर्ज की थीं। शुरुआत में मामले की जांच कोयंबटूर के थुडियालुर थाने और उसके बाद तमिलनाडु अपराध शाखा-अपराध अन्वेषण विभाग (सीबी-सीआईडी) ने की थी। इसके बाद केंद्र सरकार के आदेश पर जनवरी 2018 में मामला एनआईए को सौंप दिया गया। एनआईए की जांच में सामने आया कि आरोपियों ने पीएफआई के सक्रिय सदस्य रहते हुए आपराधिक साजिश रची और हत्या को अंजाम दिया। विस्तृत जांच के बाद एनआईए ने पांच आरोपियों के खिलाफ आरोपपत्र और दो पूरक आरोपपत्र दाखिल किए थे। मामले की सुनवाई 2019 में शुरू हुई थी। इस दौरान अभियोजन पक्ष के 75 गवाहों और बचाव पक्ष के दो गवाहों से सवाल-जवाब किए गए। अदालत ने चारों अभियुक्तों को भारतीय दंड संहिता (आईपीसी) की धारा 302 (हत्या), 120-बी (आपराधिक साजिश) और 153-ए (विभिन्न समूहों के बीच दुश्मनी को बढ़ावा देना) तथा गैरकानूनी गतिविधियां (निवारण) अधिनियम (यूएपीए) की धाराओं 16, 18 और 20 के तहत दोषी ठहराया। वहीं, विशेष अदालत ने एक सह-आरोपी अबू उर्फ सैयद अबुताहिर को बरी कर दिया। एनआईए ने कहा कि वह फैसले की समीक्षा कर रही है और बरी किए गए आरोपी के खिलाफ ऊपरी अदालत में अपील करने के सभी कानूनी विकल्पों पर विचार कर रही है।
सुप्रीम कोर्ट ने दाऊद इब्राहिम गिरोह से जुड़े उगाही मामले में आरोपित शब्बीर अबुबकर शेख की जमानत याचिका पर राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) से जवाब मांगा है।
'अलग हुए तो जान दे देंगे', कोटा में साथ रहने पर अड़ी दो युवतियां, परिवार ने किया विरोध तो खाया जहर
राजस्थान के कोटा जिले में दो महिलाएं परिवार के विरोध के बावजूद साथ रहना चाहती हैं।परिवार वालों ने साथ रहने से साफ इनकार दिया था जिसके बाद दोनों महिलाओं ने कीटनाशक पी लिया, स्वास्थ्य बिगड़ने पर अस्पताल में भर्ती कराया गया।
'ब्रह्मोस से उड़ी पाकिस्तान की नींद', रक्षा उत्पादन पर गृह मंत्री अमित शाह का बड़ा बयान
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने यूपी इंटरनेशनल ट्रेड शो में उत्तर प्रदेश के रक्षा निर्माण क्षेत्र में हो रहे ऐतिहासिक बदलावों पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि राज्य में बनी ब्रह्मोस मिसाइलें और AK-203 राइफलें देश की सुरक्षा और औद्योगिक विस्तार का प्रतीक हैं।
AIIMS Nagpur: सुरक्षा के आश्वासन के बाद रेजिडेंट डॉक्टरों की हड़ताल खत्म
महाराष्ट्र के नागपुर स्थित अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स) के रेजिडेंट डॉक्टर्स एसोसिएशन (आरडीए) ने एक चिकित्सक पर हुए हमले के मामले में अस्पताल प्रशासन और पुलिस की ओर से सुरक्षा का आश्वासन मिलने के बाद शुक्रवार को अपना प्रदर्शन समाप्त कर दिया। एम्स-नागपुर ने एक प्रेस विज्ञप्ति में बताया कि प्रशासन चिकित्सकों के खिलाफ किसी भी तरह की हिंसा की कड़ी निंदा करता है। संस्थान ने बताया कि एसोसिएशन के सदस्यों और एम्स-नागपुर के अधिकारियों ने सुबह नागपुर के पुलिस आयुक्त विश्वास नांगरे पाटिल और अन्य वरिष्ठ अधिकारियों से मुलाकात की। पुलिस आयुक्त ने चिकित्सकों को आश्वासन दिया कि अस्पताल में सुरक्षा बढ़ाई जाएगी और मंगलवार को हुई घटना के दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। अस्पताल के एक रेजिडेंट चिकित्सक पर मंगलवार को आईसीयू (गहन चिकित्सा इकाई) के अंदर कथित तौर पर चार लोगों ने हमला किया था। यह घटना उपचार के दौरान एक व्यक्ति की मौत के बाद हुई। रेजिडेंट चिकित्सकों ने बृहस्पतिवार को घटना के विरोध में प्रदर्शन किया और संस्थान से “कोई विशेष सुविधा नहीं” नीति अपनाने की मांग की। उनका कहना था कि अक्सर मरीज नेताओं के पत्र लेकर आते हैं और विशेष सुविधाओं की उम्मीद करते हैं या कर्मचारियों को डराने-धमकाने की कोशिश करते हैं। संस्थान की ओर से जारी विज्ञप्ति में बताया गया कि प्रदर्शन कर रहे रेजिडेंट चिकित्सकों की मांग के अनुसार, एम्स इस घटना से जुड़ी कानूनी और पुलिस संबंधी कार्रवाई करेगा। इससे पहले, पीड़ित चिकित्सक ने खुद पुलिस में शिकायत दर्ज कराई थी। एम्स ने यह भी आश्वासन दिया कि प्रदर्शन में शामिल होने के कारण किसी भी रेजिडेंट चिकित्सक या छात्र के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की जाएगी।

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