कांग्रेस पार्टी ने उन्नाव में सदस्यता अभियान तेज कर दिया है। रविवार सुबह दस बजे जिला कांग्रेस कमेटी कार्यालय में एक समारोह आयोजित किया गया। इस दौरान विभिन्न गांवों के कई युवाओं ने पार्टी की सदस्यता ग्रहण की और संगठन को मजबूत करने का संकल्प लिया। अनुसूचित जाति एवं जनजाति विभाग के प्रदेश सचिव और उन्नाव के प्रभारी विमल किशोर सबरा कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में मौजूद रहे। विमल किशोर सबरा ने अपने संबोधन में केंद्र और प्रदेश सरकार पर संविधान और सामाजिक न्याय के मुद्दों को लेकर निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि देश का संविधान और आरक्षण व्यवस्था खतरे में है, तथा इसे समाप्त करने का प्रयास किया जा रहा है। सबरा ने लोगों से इसके प्रति सजग रहने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि यदि समय रहते जागरूकता नहीं आई तो आने वाली पीढ़ियां उन्हें जिम्मेदार ठहराएंगी। उन्होंने कार्यकर्ताओं से संविधान की रक्षा और कांग्रेस की विचारधारा को जन-जन तक पहुंचाने का आग्रह भी किया। समारोह में सूरज कुमार रावत, डॉ. दिलशाद, सुघर लाल, करन वर्मा, सुमित पासी, मोहम्मद गुलफाम, संजय गौतम, गुड्डू पासी और विवेक सिंह सहित कई युवाओं ने कांग्रेस की सदस्यता ग्रहण की। जिला अध्यक्ष सुरेंद्र कुशवाहा और प्रभारी विमल किशोर सबरा ने नए सदस्यों का माल्यार्पण कर स्वागत किया। उन्हें कांग्रेस की पट्टिका भेंट की गई और सदस्यता शुल्क लेकर सदस्यता पर्ची प्रदान की गई। यह कार्यक्रम लगभग एक घंटे तक चला। जिलाध्यक्ष सुरेंद्र कुशवाहा ने भी अपने संबोधन में केंद्र और प्रदेश सरकार की नीतियों की आलोचना की। उन्होंने कहा कि डबल इंजन की सरकार स्वास्थ्य, शिक्षा और सुरक्षा जैसे संवैधानिक अधिकारों को कमजोर कर रही है। कुशवाहा ने आरोप लगाया कि जनता को केवल योजनाओं के नाम पर भ्रमित किया जा रहा है, जबकि मूलभूत सुविधाओं और अधिकारों की अनदेखी हो रही है। उन्होंने कार्यकर्ताओं से गांव-गांव जाकर कांग्रेस की नीतियों और विचारधारा को लोगों तक पहुंचाने का आह्वान किया। कार्यक्रम को वरिष्ठ उपाध्यक्ष हनुमत सिंह, उपाध्यक्ष (संगठन) चंद्र प्रकाश शुक्ला, सरफराज गांधी, ई. भीम राज, विद्या गौतम, कफनधारी, कमलेश तिवारी, सलमान, शाहिद, बाबू राम और मणिकांत रावत सहित अन्य नेताओं ने भी संबोधित किया। कार्यक्रम की अध्यक्षता जिलाध्यक्ष सुरेंद्र कुशवाहा ने की, जबकि संचालन जिला महामंत्री अजय कुमार गौतम ने किया। समारोह के दौरान संगठन विस्तार और आगामी कार्यक्रमों को लेकर भी चर्चा की गई।
हाटा रजवाहा तीसरी बार टूटी, 85 एकड़ धान डूबी:52 किसानों की फसल हुई जलमग्न, मरम्मत पर उठे सवाल
देवरिया जिले के रामपुर कारखाना विकासखंड के डुमरी राघोपुर गांव से गुजरने वाली हाटा रजवाहा शनिवार सुबह एक सप्ताह के भीतर तीसरी बार टूट गई। इससे आसपास के खेतों में पानी भर गया और 52 किसानों की लगभग 85 एकड़ में रोपी गई धान की फसल जलमग्न हो गई। लगातार तीसरी बार नहर टूटने से किसानों में सिंचाई विभाग के प्रति भारी नाराजगी है। जानकारी के अनुसार, शाहपुर बेलवा गांव के पास हाटा रजवाहा का तटबंध अचानक टूट गया। यह लगभग 58 किलोमीटर लंबी रजवाहा आमघाट के निकट टेल तक जाती है। पिछले सोमवार से अब तक एक ही स्थान पर तीन बार नहर टूट चुकी है। किसानों का आरोप है कि हर बार मरम्मत के दावों के बावजूद तटबंध कुछ ही दिनों में फिर टूट जाता है। किसानों ने बताया कि नहर टूटने की सूचना तत्काल सिंचाई विभाग को दी गई। हालांकि, देर शाम तक कोई अधिकारी मौके पर नहीं पहुंचा। इस दौरान नहर का पानी लगातार खेतों में फैलता रहा, जिससे धान की नई रोपाई पूरी तरह जलमग्न हो गई। किसानों का कहना है कि यदि समय रहते पानी का बहाव रोका जाता तो नुकसान कम हो सकता था। नहर की गुणवत्तापूर्ण और स्थायी मरम्मत कराने की मांग ग्रामीणों का आरोप है कि विभाग केवल खानापूर्ति के लिए अस्थायी मरम्मत करता है। तटबंध की स्थायी मरम्मत नहीं होने के कारण बार-बार नहर टूट रही है। किसानों ने क्षतिग्रस्त फसल का सर्वे कराकर उचित मुआवजा देने तथा नहर की गुणवत्तापूर्ण और स्थायी मरम्मत कराने की मांग की है। फसल प्रभावित किसानों में सच्चिदानंद विश्वकर्मा, सुरेश गुप्ता, शिवनाथ गुप्ता, भगवान गुप्ता, त्रिलोकी गुप्ता, गोबरी अंसारी, ओमप्रकाश यादव, फेंकू गुप्ता, लालवचन गुप्ता, देव मंगल यादव सहित कुल 52 किसान शामिल हैं। इस संबंध में सिंचाई विभाग के अवर अभियंता तारकेश्वर शर्मा ने बताया कि नहर टूटने की सूचना मिलते ही विभाग की टीम को मौके पर भेज दिया गया है। उन्होंने कहा कि जल्द ही तटबंध की मरम्मत कर पानी का बहाव नियंत्रित कराया जाएगा तथा नुकसान का आकलन भी किया जाएगा।
गोरखपुर में बिहार सरकार के पूर्व मंत्री और विकासशील इंसान पार्टी (VIP) के राष्ट्रीय अध्यक्ष मुकेश साहनी के गोरखपुर क्लब में प्रस्तावित कार्यक्रम पर जिला प्रशासन ने रविवार को 11:00 बजे रोक लगा दी। प्रशासन ने कार्यक्रम की अनुमति देने से इनकार करते हुए गोरखपुर क्लब के सचिव और प्रबंधक को पत्र जारी कर स्पष्ट निर्देश दिए कि बिना सक्षम प्रशासनिक अनुमति किसी भी राजनीतिक कार्यक्रम का आयोजन नहीं किया जाएगा। साथ ही चेतावनी दी गई कि यदि आदेश की अनदेखी कर कार्यक्रम आयोजित किया गया तो आयोजकों और संबंधित पक्षों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। अपर जिलाधिकारी (नगर) राजेंद्र कुमार की ओर से जारी पत्र में कहा गया है कि सोशल मीडिया और अन्य माध्यमों से जानकारी मिली थी कि 12 जुलाई को गोरखपुर क्लब में VIP प्रमुख मुकेश साहनी का कार्यक्रम प्रस्तावित है। प्रशासन के अनुसार कार्यक्रम के लिए आवश्यक अनुमति नहीं ली गई थी। इसे देखते हुए क्लब प्रबंधन को पत्र जारी कर राजनीतिक कार्यक्रम का आयोजन नहीं कराने के निर्देश दिए गए। VIP मूवमेंट और कानून-व्यवस्था का दिया हवालाप्रशासन ने अपने आदेश में कहा कि रविवार को जिले में मुख्यमंत्री सहित अन्य VIP कार्यक्रम प्रस्तावित हैं। ऐसे में बड़ी संख्या में लोगों के जुटने की संभावना को देखते हुए सुरक्षा और कानून-व्यवस्था बनाए रखना प्राथमिकता है। इसी वजह से कार्यक्रम की अनुमति नहीं दी गई। आदेश में यह भी कहा गया कि बिना अनुमति यदि कार्यक्रम आयोजित होता है और उससे शांति व्यवस्था प्रभावित होती है तो इसकी जिम्मेदारी आयोजकों और क्लब प्रबंधन की होगी। गोरखपुर क्लब के बाहर सुरक्षा के कड़े इंतजामप्रशासन ने क्लब प्रबंधन को निर्देश दिया कि भविष्य में किसी भी राजनीतिक दल या संगठन को कार्यक्रम के लिए परिसर उपलब्ध कराने से पहले सक्षम प्रशासन से जारी अनुमति पत्र की जांच की जाए। यदि निर्देशों की अनदेखी की गई तो संबंधित लोगों के खिलाफ नियमानुसार कठोर विधिक और दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी। कार्यक्रम को लेकर प्रशासन पूरी तरह सतर्क रहा। किसी भी संभावित विवाद या अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए गोरखपुर क्लब परिसर और उसके आसपास भारी संख्या में पुलिस बल तैनात किया गया। वरिष्ठ पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी पूरे घटनाक्रम पर नजर बनाए रहे। हम सिर्फ समाज के लोगों से मिलने आए थेप्रशासन की कार्रवाई पर निशाद आर्मी के राष्ट्रीय अध्यक्ष और VIP पार्टी के गोरखपुर प्रभारी रविंद्र निषाद ने कड़ी आपत्ति जताई। उन्होंने कहा कि पार्टी की ओर से कोई रोड शो, जुलूस या रैली आयोजित नहीं की जा रही थी। उनका उद्देश्य केवल अपने समाज के लोगों और कार्यकर्ताओं से मुलाकात कर संगठनात्मक चर्चा करना था। रविंद्र निषाद ने कहा कि शांतिपूर्ण तरीके से बैठक करना और लोगों से संवाद करना लोकतांत्रिक व्यवस्था में प्रत्येक नागरिक और राजनीतिक दल का संवैधानिक अधिकार है। ऐसे में प्रशासन की ओर से कार्यक्रम की अनुमति न देना और उसे रोकना पूरी तरह संविधान की भावना के विपरीत है। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रशासन ने बिना किसी ठोस कारण के कार्यक्रम पर रोक लगाई है, जबकि कार्यक्रम पूरी तरह शांतिपूर्ण तरीके से आयोजित किया जाना था। प्रशासन और VIP पार्टी आमने-सामनेएक ओर जिला प्रशासन सुरक्षा और कानून-व्यवस्था का हवाला देकर अपने फैसले को सही ठहरा रहा है, वहीं VIP पार्टी इसे लोकतांत्रिक अधिकारों का हनन बता रही है। प्रशासन ने साफ कर दिया है कि जिले में बिना पूर्व अनुमति किसी भी राजनीतिक कार्यक्रम की अनुमति नहीं दी जाएगी, जबकि पार्टी ने इस कार्रवाई का विरोध करते हुए इसे असंवैधानिक करार दिया है। ऐसे में मुकेश साहनी के प्रस्तावित कार्यक्रम को लेकर प्रशासन और VIP पार्टी आमने-सामने नजर आए।
कांग्रेस विधायक दल की बैठक आज:अविश्वास प्रस्ताव पर लग सकती है मुहर, सरकार को घेरने की रणनीति बनेगी
छत्तीसगढ़ विधानसभा के मानसून सत्र से पहले आज कांग्रेस विधायक दल की अहम बैठक होगी। शाम 5 बजे नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरणदास महंत के सरकारी बंगले पर होने वाली इस बैठक में विधानसभा सत्र की रणनीति तय की जाएगी। पार्टी सूत्रों के मुताबिक, बैठक में सरकार के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव लाने पर भी अंतिम फैसला हो सकता है। कांग्रेस इस बार मानसून सत्र में पूरी तैयारी के साथ उतरने की रणनीति बना रही है। यदि विधायक दल की बैठक में सहमति बनती है तो सरकार के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव लाया जा सकता है। इन मुद्दों पर सरकार को घेरने की तैयारी बैठक में जिन मुद्दों पर चर्चा होने की संभावना है, उनमें प्रमुख रूप से— नकटी गांव में कथित तौर पर प्रधानमंत्री आवास तोड़े जाने का मामला प्रदेश की कानून-व्यवस्था जांच एजेंसियों के कथित दुरुपयोग किसानों को खाद की किल्लत और खेती से जुड़ी समस्याएं बिजली दरों में बढ़ोतरी महिलाओं की सुरक्षा बेरोजगारी और भर्ती प्रक्रिया में देरी कांग्रेस का मानना है कि इन मुद्दों पर सरकार को विधानसभा में घेरा जा सकता है और पूरे सत्र के दौरान इन पर तीखी बहस होगी। बैठक में तय होगी विपक्ष की रणनीति भाजपा की रणनीति बैठक के बाद अब कांग्रेस भी अपने विधायकों के साथ मंथन करेगी। विधायक दल की बैठक में यह तय किया जाएगा कि सदन में किन मुद्दों को प्राथमिकता दी जाएगी और सरकार को किस तरह घेरा जाएगा। पार्टी के वरिष्ठ नेताओं के साथ सभी विधायक बैठक में शामिल होंगे। कल से शुरू होगा पांच दिन का मानसून सत्र छत्तीसगढ़ विधानसभा का पांच दिवसीय मानसून सत्र 13 जुलाई से शुरू होगा। सत्र भले ही छोटा हो, लेकिन राजनीतिक रूप से काफी अहम माना जा रहा है। विपक्ष सरकार को कई मुद्दों पर घेरने की तैयारी में है, वहीं सत्ता पक्ष भी जवाब देने की रणनीति बना चुका है। 1033 सवालों का जवाब देगी सरकार इस बार विधानसभा सचिवालय में कुल 1033 प्रश्न लगाए गए हैं। इनमें 36 विधायकों ने नियमों के तहत अधिकतम 20-20 सवाल पूछे हैं। खास बात यह है कि सवाल पूछने वालों में विपक्ष के साथ-साथ सत्ता पक्ष के विधायक भी शामिल हैं। ऐसे में पांच दिन के सत्र में सरकार को लगभग हर विभाग से जुड़े सवालों का जवाब देना पड़ सकता है। क्या होता है अविश्वास प्रस्ताव? अविश्वास प्रस्ताव पूरी सरकार के खिलाफ लाया जाता है। विपक्ष किसी एक या कई बड़े मुद्दों को आधार बनाकर यह प्रस्ताव पेश कर सकता है। प्रस्ताव स्वीकार होने पर सदन में सरकार के कामकाज पर विस्तृत चर्चा होती है और अंत में मतदान के जरिए यह तय किया जाता है कि सरकार के पास सदन का बहुमत और विश्वास है या नहीं।
करौली एसपी लोकेश सोनवाल ने जिले की पुलिस व्यवस्था को अधिक प्रभावी बनाने के उद्देश्य से बड़ा प्रशासनिक फेरबदल किया है। इसके तहत 20 थाना एवं चौकी अधिकारियों का तबादला किया गया है। जारी आदेशों के अनुसार कई थाना प्रभारियों को नई जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं। इसके अलावा चौकी प्रभारियों और द्वितीय अधिकारियों के कार्यक्षेत्र में भी बदलाव किया गया है। इन तबादलों को कानून व्यवस्था को और सुदृढ़ बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। अमित शर्मा को करौली थानाधिकारी बनायातबादला सूची के अनुसार अमित शर्मा को करौली थाना अधिकारी बनाया गया है। शैतान सिंह को मंडरायल थानाधिकारी नियुक्त किया गया। गिर्राज प्रसाद अब सूरौठ थाना अधिकारी की जिम्मेदारी संभालेंगे। मंजू कुमारी को बालघाट थानाधिकारी का पदभार सौंपा गया है। पूरणमल मीणा को कुड़गांव थाना अधिकारी नियुक्त किया गया है, जबकि सुरेश चंद करणपुर थाना अधिकारी बनाए गए हैं। मुरारी लाल मीणा को मामचारी थाना अधिकारी, सुमेर सिंह को सदर हिंडौन थाना अधिकारी और पुरुषोत्तम सिंह को श्रीमहावीरजी थाना अधिकारी के रूप में नियुक्त किया गया है। रामदीन शर्मा को टाउन चौकी प्रभारी बनायाचौकी प्रभारियों में महेश कुमार को मेहंदीपुर बालाजी, रामदीन शर्मा को टाउन चौकी करौली, कालीचरण शर्मा को महू नई मंडी (हिंडौन), सुगन सिंह को टोडाभीम और हकीम सिंह को खेड़ा मोड़ चौकी (मासलपुर) का प्रभारी बनाया गया है। रामहंस को नरौली डांग चौकी (सपोटरा) का प्रभारी नियुक्त किया गया है। देवेश सिंह को यातायात शाखा प्रभारी बनायावासुदेव को कोतवाली करौली में द्वितीय अधिकारी, रामचंद्र को अपराध सहायक, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक कार्यालय में पदस्थापित किया गया है। देवेश सिंह को यातायात शाखा करौली का प्रभारी और सुरेंद्र सिंह को सदर हिंडौन थाने में द्वितीय अधिकारी बनाया गया है। प्रहलाद सिंह को नई मंडी थाना हिंडौन में द्वितीय अधिकारी के रूप में नियुक्त किया गया है।
चंद्रशेखर आजाद नगर गांव के विकास के लिए करीब 2 करोड़ रुपये की लागत से शुरू हुआ नाला निर्माण कार्य अब स्थानीय ग्रामीणों के लिए बड़ी मुसीबत बन चुका है। निर्माण कार्य की कछुआ गति ने बारिश का मौसम नजदीक आने से पहले लोगों की चिंताओं को बढ़ा दिया है। ठेकेदार और संबंधित विभाग की लापरवाही का आलम यह है कि बिना किसी सुरक्षा इंतजाम और वैकल्पिक रास्तों के ही पूरे गांव को खोदकर छोड़ दिया गया है। मकानों की नींव खतरे में, मवेशियों पर मंडराया संकट नाले के लिए घरों के बिल्कुल करीब बेहद गहरी खुदाई की गई है। कई मकानों की नींव के पास से मिट्टी हटने के कारण उनके ढहने का खतरा पैदा हो गया है। जगह-जगह खुले पड़े इन गहरे गड्ढों के कारण आवारा और घरेलू मवेशियों के गिरने की आशंका हर समय बनी रहती है। आवागमन ठप: खाट के सहारे पार हो रहे रास्ते इस अधूरे निर्माण ने बुजुर्गों, महिलाओं, मरीजों और स्कूली बच्चों का जीना मुहाल कर दिया है। रास्ते इतने संकरे और असुरक्षित हो गए हैं कि पैदल चलना भी दूभर है। कई परिवारों को अपने घरों से बाहर निकलने के लिए गड्ढों पर खाट डालकर अस्थायी पुल बनाना पड़ रहा है। बच्चे जान जोखिम में डालकर स्कूल जाने को मजबूर हैं, वहीं आपातकालीन स्थिति में मरीजों को अस्पताल ले जाना एक बड़ी चुनौती बन गया है। बुनियादी सुविधाएं प्रभावित, सुरक्षा ताक पर ग्रामीणों के अनुसार, खुदाई के दौरान पेयजल की पाइपलाइनें पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो चुकी हैं, जिससे पानी का संकट गहरा गया है। इसके अलावा, कार्यस्थल पर बिजली के खंभे जस के तस खड़े हैं, जिससे कभी भी बड़ा करंट फैलने का हादसा हो सकता है। नाला निर्माण गांव के विकास के लिए जरूरी है, लेकिन वर्तमान में अधूरे काम से भारी परेशानी है। बारिश के समय खुले गड्ढों से हादसे की आशंका है। विभाग को सुरक्षा इंतजामों के साथ काम में तेजी लानी चाहिए।– - जगदीश मेनारिया, ग्रामीण मेरे मकान की नींव के पास खुदाई करके काम छोड़ दिया गया है, जहां अब पानी जमा हो रहा है। इससे मकान कमजोर होने का डर है। विभाग और ठेकेदार जल्द से जल्द काम पूरा कर सुरक्षा सुनिश्चित करें। - राधेश्याम हरजोत, प्रभावित ग्रामीण प्रशासन को ग्रामीणों की चेतावनी ग्रामीणों का साफ कहना है कि वे विकास के विरोधी नहीं हैं, लेकिन यह विकास उनकी जान की कीमत पर नहीं होना चाहिए। लोगों ने प्रशासन और संबंधित विभाग से मांग की है कि बारिश शुरू होने से पहले निर्माण कार्य की गति बढ़ाई जाए, मकानों को सहारा देने के लिए सुरक्षा दीवार बनाई जाए और आवागमन के लिए सुरक्षित वैकल्पिक रास्ते तैयार किए जाएं। यदि समय रहते कदम नहीं उठाए गए, तो आने वाले दिनों में किसी बड़े हादसे से इनकार नहीं किया जा सकता।
रोवर अनमोल गोयल का राष्ट्रीय सेवा दल में चयन:पुरी की विश्व प्रसिद्ध जगन्नाथ रथ यात्रा में देंगे सेवा
कोटपूतली के राजकीय एलबीएस पीजी कॉलेज के रोवर अनमोल गोयल का चयन भारत स्काउट एवं गाइड, नई दिल्ली द्वारा आयोजित 'नेशनल लेवल यूथ रथ यात्रा सर्विस कैम्प' के लिए राष्ट्रीय सेवा दल में हुआ है। यह शिविर 14 से 18 जुलाई तक ओडिशा के पुरी स्थित बिष्वाम्बर विद्यापीठ में आयोजित किया जाएगा। अनमोल गोयल पुरी की विश्व प्रसिद्ध श्री जगन्नाथ रथ यात्रा के दौरान श्रद्धालुओं की सहायता और व्यवस्था प्रबंधन में अपना योगदान देंगे। इस प्रतिष्ठित राष्ट्रीय सेवा शिविर का मुख्य उद्देश्य युवाओं में सेवा भावना, नेतृत्व क्षमता का विकास, सांस्कृतिक आदान-प्रदान, पर्यावरण संरक्षण और वैश्विक मित्रता को बढ़ावा देना है। पवित्र चार धामों में से एक पुरी का श्री जगन्नाथ मंदिर भारत के पवित्र चार धामों में से एक है। 16 जुलाई से शुरू होने वाली वार्षिक रथ यात्रा में देश-विदेश से लाखों श्रद्धालु भगवान जगन्नाथ, भगवान बलभद्र और देवी सुभद्रा के दर्शन के लिए पहुँचते हैं। इतनी विशाल भीड़ के बीच भारत स्काउट एवं गाइड के स्वयंसेवक भीड़ प्रबंधन, कतार व्यवस्था सुनिश्चित करेंगे, श्रद्धालुओं का मार्गदर्शन करेंगे और प्राथमिक उपचार जैसी आवश्यक सहायता प्रदान करेंगे। विशेष सेवा टीम के सदस्य के रूप में चयन प्राचार्य प्रो. आर. के. सिंह ने बताया कि अनमोल गोयल का चयन राष्ट्रीय मुख्यालय, नई दिल्ली की विशेष सेवा टीम के सदस्य के रूप में किया गया है। रोवर लीडर संयोजक प्रो. शीशराम यादव एवं कपूर चंद वर्मा ने जानकारी दी कि अनमोल लगातार तीसरी बार राजस्थान से बाहर आयोजित राष्ट्रीय मुख्यालय के इस प्रतिष्ठित राष्ट्रीय सेवा शिविर के लिए चयनित हुए हैं। यह कॉलेज और पूरे कोटपूतली क्षेत्र के लिए गौरव का विषय है। अनमोल की इस उपलब्धि पर महाविद्यालय के समस्त संकाय सदस्यों, अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने उन्हें राष्ट्रीय सेवा दायित्व की बधाई दी और उनकी सफल व मंगलमय यात्रा की कामना की है।
नरसिंहपुर जिले के गोटेगांव थाना क्षेत्र के ग्राम कमोद में रविवार को एक 30 वर्षीय महिला की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। मृतिका की पहचान दुर्गा बाई छिरा के रूप में हुई है। परिजनों ने बताया कि दुर्गा बाई घर में खाना बनाने के लिए सब्जी काट रही थीं, तभी वह अचानक बेहोश होकर गिर पड़ीं। परिजन तुरंत उन्हें उपचार के लिए अस्पताल ले गए, जहां चिकित्सकों ने जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया। अस्पताल प्रबंधन ने घटना की सूचना पुलिस को दी। पुलिस ने अस्पताल पहुंचकर मर्ग कायम किया और आवश्यक कानूनी कार्रवाई शुरू की। इसके बाद महिला एवं पुरुष चिकित्सकों की टीम द्वारा शव का पोस्टमार्टम किया गया और परिजनों को सौंप दिया गया। जानकारी के अनुसार, मृतका ने कोविड काल के दौरान प्रेम विवाह किया था। पुलिस कार्रवाई के दौरान मृतिका के मायके पक्ष का कोई सदस्य मौजूद नहीं दिखा, जिससे मामले को लेकर चर्चाएं सामने आ रही हैं। फिलहाल, पुलिस ने प्रारंभिक जांच शुरू कर दी है। मौत के वास्तविक कारणों का पता लगाने के लिए पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार है। पुलिस का कहना है कि रिपोर्ट प्राप्त होने के बाद ही कार्रवाई और मौत के कारणों की स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।
इंदौर के चार थाना क्षेत्रों में सिलसिलेवार लूट की वारदातों को अंजाम देने वाले दो बदमाशों को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। आरोपियों ने एक के बाद एक चार से अधिक लोगों को निशाना बनाया था। वारदातें सीसीटीवी कैमरों में कैद होने के बाद पुलिस उनकी तलाश में जुटी थी। डीसीपी जोन-2 अमन राठौर की टीम ने कनाड़िया, लसूडिया, आजाद नगर सहित एक अन्य थाना क्षेत्र में हुई सीरियल लूट की घटनाओं का खुलासा करते हुए अजय और सन्नी टूटेजा को गिरफ्तार किया है। दोनों आरोपियों ने करीब पांच दिन पहले अलग-अलग स्थानों पर महिलाओं से मोबाइल लूट की वारदातों को अंजाम दिया था। घटनाओं के बाद दोनों फरार हो गए थे। कनाड़िया और लसूडिया थाना पुलिस लगातार उनकी तलाश कर रही थी। पुलिस अधिकारियों के मुताबिक, आरोपियों ने अपने शौक पूरे करने और नशे की लत के चलते लगातार वारदातें की थीं। लूटे गए मोबाइल बेचने के लिए वे ग्राहक की तलाश कर रहे थे। जांच में सामने आया है कि आरोपी अजय के खिलाफ खुडैल थाना क्षेत्र में पहले से एक आपराधिक मामला दर्ज है। वहीं, सन्नी के आपराधिक रिकॉर्ड की जानकारी जुटाई जा रही है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से लूटे गए मोबाइल और वारदात में इस्तेमाल की गई बाइक जब्त कर ली है।
कोरिया जिले के बैकुंठपुर में आरक्षक की बेटी द्वारा फांसी लगाए जाने के मामले में पुलिस ने आईटी मार्ट के संचालक विनोद वैद को गिरफ्तार किया है। दो अन्य भाई अब भी फरार हैं। पुलिस ने फरार आरोपियों पर पांच हजार रुपये का इनाम घोषित किया था। मामले को राष्ट्रीय अनुसूचित जनजाति आयोग ने संज्ञान में लिया है और आयोग घटना की जांच करेगा। बैकुंठपुर के आईसी मार्ट के संचालकों ने छात्रा पर कॉस्मेटिक सामान की चोरी करने का आरोप लगाकर स्कूटी जब्त कर ली थी और स्कूटी छोड़ने के एवज में 50 हजार रुपए की डिमांड की थी। चोरी का नोट भी लिखवा लिया था, जिससे परेशान होकर पूजा सिंह (17) ने सुसाइड नोट लिखकर फांसी लगा ली। सुसाइड नोट में पूजा सिंह ने लिखा कि, मम्मी-पापा मुझे माफ कर देना। मेरी वजह से आप लोगों को बदनामी झेलनी पड़ रही है। पुलिस ने आईसी मार्ट के फरार संचालक तीन भाइयों पर पांच हजार रुपए का इनाम घोषित किया था। मुख्य आरोपी विनोद वैद गिरफ्तार, दो फरार पुलिस ने मामले में आईटी मार्ट के मुख्य संचालक विनोद वैद (50 वर्ष) को गिरफ्तार किया है। दो अन्य भाई जगत कुमार (55 वर्ष) और दीपक बैद (30 वर्ष) फरार हैं। आरोपी विनोद वैद को लेकर पुलिस आईसी मार्ट भी पहुंची। कोरिया एसपी रवि कुमार कुर्रे कुछ देर में मामले का खुलासा करेंगे। एसपी ने फरार तीनों भाईयों को भगोड़ा घोषित करते हुए पांच हजार रुपये का इनाम घोषित किया था। अनुसूचित जनजाति आयोग करेगा जांच राष्ट्रीय अनुसूचित जनजाति आयोग ने नाबालिग छात्रा द्वारा आत्महत्या मामले की जांच का निश्चय किया है। आयोग ने दैनिक भास्कर में प्रकाशित खबर और अजजा नेता डॉ नंदकुमार साय के पत्र को संज्ञान में लेते हुए तीन दिनों में कार्रवाई की जानकारी मांगी है। अजजा आयोग के सहायक निदेशक पीके दास ने जारी नोटिस में कहा है कि नियत अवधि में आपका उत्तर प्राप्त नहीं होता है तो आयोग संविधान में प्रदत्त सिविल न्यायालय की शक्तियों का उपयोग कर सकता है। देखिए तस्वीरें… अब जानिए क्या है पूरा मामला ? पुलिस लाइन बैकुंठपुर में रहने वाले आरक्षक शिवनाथ सिंह पैकरा की बेटी पूजा सिंह (17) आत्मानंद स्कूल में कक्षा 11वीं की छात्रा थी। मंगलवार (7 जुलाई) को वो अपनी छोटी बहन के साथ सामान खरीदने के लिए बैकुंठपुर के संजय चौक स्थित आईसी मार्ट (सुपर मार्केट) गई थी। आईसी मार्ट संचालक ने छात्रा पर करीब 1500 रुपए के कॉस्मेटिक सामान पैसे दिए बिना रखने का आरोप लगाया। हालांकि, छात्रा और उसकी बहन सामान लेकर दुकान से बाहर नहीं निकली थीं। छात्रा और उसकी बहन के साथ मार्ट संचालक ने अभद्रता भी की थी। आरोप है कि दुकान संचालक ने छात्रा को डांटा और उससे एक कागज पर सामानों की लिस्ट बनाई और उसमें लिखवाया कि, मैं पूजा और मेरी बहन छाया आईसी मार्ट से चोरी किए हैं। संचालक ने दोनों का हस्ताक्षर कराया। मार्ट संचालक ने उनकी स्कूटी अपने पास रख ली। छात्रा की जानकारी पर उसके मामा एसआई अलंगो दास मार्ट पहुंचे तो संचालक ने 20 हजार रुपये स्कूटी छोड़ने के लिए मांगा। मामले की जानकारी मिलने के बाद बुधवार (8 जुलाई) सुबह छात्रा के पिता आरक्षक शिवनाथ सिंह पैकरा आईसी मार्ट पहुंचे तो संचालक ने उससे 50 हजार मांगे। बुधवार दोपहर पूजा सिंह की मां रितु मायके से बस स्टैंड पहुंची थी, जिसे लेने शिवनाथ पैकरा बस स्टैंड पहुंचे थे। इस बीच पूजा सिंह ने घर में फांसी लगा ली थी। आदिवासी समाज ने की कार्रवाई की मांग सर्व आदिवासी समाज ने शुक्रवार को पूर्व विधायक गुलाब कमरो के नेतृत्व में कोरिया कलेक्टर और एसपी को ज्ञापन सौंपा। समाज ने मामले में आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। साथ ही 24 घंटे के भीतर उनकी गिरफ्तारी का अल्टीमेटम दिया है। चेतावनी दी गई है कि अगर तय समय में कार्रवाई नहीं हुई तो आंदोलन किया जाएगा।
कानपुर में गंगा किनारे मगरमच्छ का शव मिला। करीब 4 से 5 फीट लंबे मगरमच्छ का सिर बुरी तरह क्षतिग्रस्त था। सिर की हड्डी टूटी थी और शरीर पर भी चोट के निशान थे। मगरमच्छ का शव मिलने की खबर फैलते ही मौके पर लोगों की भीड़ जमा हो गई। मामला जाजमऊ थाना क्षेत्र में मक्कू शहीद का भट्ट के पास गंगा किनारे का है। स्थानीय लोगों के मुताबिक, रविवार सुबह करीब 6 बजे मोहल्ले के बच्चे गंगा किनारे क्रिकेट खेल रहे थे। इसी दौरान उनकी गेंद नदी की तरफ चली गई। गेंद लेने गए बच्चों ने देखा मगरमच्छ बच्चे गेंद लेने गंगा किनारे पहुंचे तो वहां मगरमच्छ का शव पड़ा देखा। बच्चों ने शोर मचाया तो आसपास के लोग मौके पर पहुंच गए। लोगों ने देखा कि मगरमच्छ के सिर की हड्डी टूटी हुई थी और शरीर पर चोट के निशान थे। स्थानीय लोगों ने आशंका जताई कि मगरमच्छ गंगा में अवैध रूप से मछली पकड़ने वाले शिकारियों के जाल में फंस गया होगा। आरोप है कि जाल से निकालने के बजाय उसके सिर पर किसी भारी वस्तु से हमला किया गया। हालांकि, मगरमच्छ की मौत कैसे हुई, इसकी अभी पुष्टि नहीं हुई है। लोग बोले- गंगा में लंबे समय से हो रहा अवैध शिकार घटना को लेकर स्थानीय लोगों में नाराजगी है। उनका आरोप है कि गंगा में लंबे समय से अवैध तरीके से मछलियों का शिकार किया जा रहा है, लेकिन प्रभावी कार्रवाई नहीं हो रही। लोगों ने वन विभाग और प्रशासन से अवैध शिकार करने वालों के खिलाफ अभियान चलाने की मांग की है। उनका कहना है कि जलीय जीवों की सुरक्षा के लिए सख्त कार्रवाई जरूरी है। वन विभाग करेगा मौत के कारणों की जांच थाना प्रभारी संजय पांडेय ने बताया कि वन विभाग को घटना की सूचना दे दी गई है। वन विभाग की टीम मगरमच्छ की मौत के कारणों की जांच करेगी। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
यमुनानगर की रामपुरा कॉलोनी में टायर कारोबारी ईशान सभरवाल के बंद शोरूम को निशाना बनाते हुए देर रात अज्ञात बदमाशों ने फायरिंग कर दी। वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपी शोरूम के बाहर आतंकी कुलबीर सिद्धू के नाम से एक धमकीभरा पर्चा चस्पा कर फरार हो गए। घटना की जानकारी रविवार सुबह शोरूम खुलने पर लगी, जिसके बाद पुलिस को सूचना दी गई। सूचना मिलते ही शहर थाना पुलिस के साथ वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंचे और घटनास्थल का निरीक्षण किया। पुलिस ने मौके से गोलियों के खोखे और धमकीभरा पर्चा कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी है। फोरेंसिक टीम ने भी घटनास्थल से साक्ष्य जुटाए हैं, जबकि आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है, ताकि आरोपियों की पहचान की जा सके। यह तो ट्रेलर है, अगली गोली दिमाग में लगेगी शोरूम के बाहर चस्पाए पर्चे पर लिखा है, यह तो ट्रेलर है, अ।गली गोली दिमाग में लगेगी। पर्चे पर आतंकी कुलबीर सिद्धू का नाम भी दर्ज मिला है। हालांकि जांच एजेंसियां इस बात की भी पड़ताल कर रही हैं कि पर्चा वास्तव में उसी की ओर से भेजा गया है या फिर किसी ने पुलिस को गुमराह करने के लिए उसका नाम इस्तेमाल किया है। फिलहाल पुलिस इस मामले में रंगदारी, पुरानी रंजिश और क्षेत्र में दहशत फैलाने की मंशा समेत सभी संभावित पहलुओं को ध्यान में रखकर जांच कर रही है। घटनास्थल से जुटाए गए तकनीकी और वैज्ञानिक साक्ष्यों के आधार पर आरोपियों तक पहुंचने का प्रयास किया जा रहा है। एनआईए घोषित कर चुकी है 10 लाख का इनाम शहर थाना पुलिस का कहना है कि वारदात रात करीब 12 बजे की है, जिसका पता सुबह दुकान खुलने पर चला। घटना की जानकारी मिलने के बाद जांच शुरू कर दी गई है। अभी तक कारोबारी की ओर से इस संबंध में कोई औपचारिक शिकायत नहीं दी गई है। शिकायत मिलने के बाद नियमानुसार केस दर्ज कर आगे की कार्रवाई की जाएगी। गौरतलब है कि, जगाधरी सदर थाना क्षेत्र के गांव खाररवन निवासी कुलबीर सिद्धू पर राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) पहले ही 10 लाख रुपए का इनाम घोषित कर चुकी है। ऐसे में शोरूम के बाहर उसके नाम का पर्चा मिलने के बाद पुलिस इस एंगल से भी गंभीरता से जांच कर रही है कि कहीं यह किसी बड़ी साजिश का हिस्सा तो नहीं है या फिर केवल दहशत फैलाने की कोशिश।
बिलासपुर शहर के पद्मश्री श्यामलाल चतुर्वेदी स्मार्ट रोड पर रविवार (12 जुलाई) सुबह एक तेज रफ्तार कार ने एक्टिवा सवार युवक को टक्कर मार दी। टक्कर के बाद अनियंत्रित कार सामने से आ रही स्कूल बस से जा भिड़ी। हादसे में एक्टिवा सवार युवक गंभीर रूप से घायल हो गया। पुलिस ने कार जब्त कर मामले की जांच शुरू कर दी है। घायल युवक की पहचान रुद्र प्रताप शर्मा के रूप में हुई है। हादसे के बाद उन्हें पहले सिम्स अस्पताल ले जाया गया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद गंभीर हालत को देखते हुए अपोलो अस्पताल रेफर कर दिया गया। पुलिस ने परिजनों को घटना की सूचना दे दी है। कार और एक्टिवा दोनों क्षतिग्रस्त दुर्घटना में एक्टिवा बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई। हादसे में शामिल कार CG 10 BH 7752 को सिविल लाइन पुलिस ने जब्त कर लिया है। टक्कर के बाद कार सामने से आ रही स्कूल बस CG 10 BN 8858 से भी जा टकराई। नाबालिग छात्र के कार चलाने की आशंका सिविल लाइन थाना प्रभारी किशोर केंवट ने बताया कि दुर्घटनाग्रस्त कार को जब्त कर लिया गया है। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, कार एक नाबालिग छात्र चला रहा था। पुलिस कार चालक और वाहन मालिक की पहचान कर आगे की कार्रवाई कर रही है। मॉर्निंग वॉक से लौटते समय हुआ हादसा जानकारी के अनुसार, सुबह कुछ स्कूली छात्र कुंदन पैलेस के पास अपने वाहन खड़े कर मॉर्निंग वॉक के लिए निकलते हैं। लौटने के दौरान यह हादसा हुआ। पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है।
मैहर जिले के मुकुंदपुर चौकी क्षेत्र में शनिवार शाम हादसे में ऑटो सवार बुजुर्ग की मौत हो गई। हादसे में चार अन्य लोग घायल हो गए। हादसा बेला-गोविंदगढ़ मार्ग पर लालजी बांध के पास हुआ, जहां तेज रफ्तार ट्रक ने पीछे से ऑटो को टक्कर मार दी। टक्कर के बाद ट्रक चालक वाहन समेत फरार हो गया। मृतक की पहचान धीरज प्रसाद मिश्रा (65 वर्ष) निवासी ग्राम ककलपुर, थाना रामपुर बघेलान, जिला सतना के रूप में हुई है। वे ग्राम तिघरा में एक परिचित के यहां आयोजित 13वीं कार्यक्रम में शामिल होने गए थे। कार्यक्रम के बाद अन्य लोगों के साथ ऑटो से वापस लौट रहे थे। हादसा शाम करीब 5 बजे बेला-गोविंदगढ़ मार्ग पर लालजी बांध के समीप हुआ। टक्कर इतनी तेज थी कि ऑटो बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया। हादसे में धीरज प्रसाद मिश्रा के भाई राघवेंद्र मिश्रा समेत चार अन्य लोग घायल हो गए। स्थानीय लोगों की सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची। घायलों को रीवा के संजय गांधी अस्पताल भेजा गया।
कोडरमा जिले के सदर थाना क्षेत्र में भीषण सड़क दुर्घटना हो गई। रांची-पटना मेन रोड पर स्थित कोडरमा घाटी के सतपुलिया के पास एक तेल टैंकर और हाईवा के बीच जोरदार टक्कर हो गई। हादसे में टैंकर चालक गंभीर रूप से घायल हो गया। घायल चालक की पहचान बिहार के छपरा जिले के निवासी 40 वर्षीय धर्मेंद्र यादव के रूप में की गई है। जानकारी के अनुसार धर्मेंद्र यादव बोकारो से कच्चा तेल लेकर नेपाल जा रहे थे। इसी दौरान घाटी से गुजरते समय सतपुलिया के पास एक खाली हाईवा ने उनके टैंकर को ओवरटेक किया और अचानक सामने आकर धीमी गति से चलने लगा, जिससे यह हादसा हो गया। हादसे की तस्वीरें देखें… टैंकर का अगला हिस्सा क्षतिग्रस्त, चालक फंसा प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार सतपुलिया के पास सड़क ढलान पर है। जिसके कारण टैंकर चालक ने जैसे ही ब्रेक लगाया, वाहन अनियंत्रित हो गया और पीछे से हाईवा में जा टकराया। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि टैंकर का अगला हिस्सा पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया। दुर्घटना के बाद चालक धर्मेंद्र यादव टैंकर के केबिन में बुरी तरह फंस गए। आसपास मौजूद लोगों ने तत्काल पुलिस को सूचना दी। हादसे के बाद कुछ समय के लिए अफरा-तफरी का माहौल बन गया। सड़क पर वाहनों की लंबी कतार लग गई। स्थानीय लोगों ने बताया कि घाटी क्षेत्र में इस तरह की घटनाएं अक्सर होती रहती हैं। पुलिस ने रेस्क्यू कर पहुंचाया अस्पताल घटना की सूचना मिलते ही कोडरमा पुलिस और सड़क सुरक्षा कर्मी सागर कुमार गिरी मौके पर पहुंचे। उन्होंने काफी मशक्कत के बाद केबिन में फंसे चालक को बाहर निकाला। इसके बाद घायल धर्मेंद्र यादव को तुरंत एक निजी वाहन से अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उनका इलाज चल रहा है। इधर, दुर्घटना के कारण घाटी में लंबा जाम लग गया, जिससे कई वाहन घंटों फंसे रहे। पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए क्रेन की मदद से क्षतिग्रस्त टैंकर को सड़क किनारे हटवाया और धीरे-धीरे यातायात को सामान्य कराया।
नयागांव उपखंड के पाटिया पुलिस थाना ने अवैध शराब परिवहन के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार कर एक स्कॉर्पियो कार से कुल 88 कॉटन अवैध शराब जब्त की है। जब्त की गई शराब और वाहन का कुल बाजार मूल्य लगभग 20 लाख रुपए आंका गया है। पुलिस के अनुसार, जब्त की गई शराब में 62 कॉटन बीयर और 26 कॉटन अंग्रेजी शराब शामिल है। यह कार्रवाई जिला पुलिस अधीक्षक डॉ. अमृता दुहन के निर्देश पर चलाए जा रहे अवैध शराब परिवहन विरोधी अभियान के तहत दिनांक 10 को की गई। मुखबिर की सूचना पर, राजस्थान-गुजरात सीमा पर स्थित झांझरी नाका पर नाकाबंदी की गई। इस दौरान एक महिंद्रा स्कॉर्पियो काली कलर की को रोका गया और उसकी तलाशी ली गई। तलाशी के दौरान कार में अवैध शराब बरामद हुई। गिरफ्तार किए गए आरोपियों की पहचान रणजीत पिता शंकर लाल डामोर (निवासी कारछा कला पुलिस थाना खेरवाड़ा) और नीलेश मेघवाल पिता प्रकाश मेघवाल (निवासी चिंबोड़ा पुलिस थाना गिंगला, जिला सलूंबर) के रूप में हुई है। जब्त शराब का बाजार मूल्य करीब 5 लाख रुपए और जब्त वाहन की कीमत करीब 15 लाख रुपए है। इस कार्रवाई में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक खेरवाड़ा एवं वृत्ताधिकारी ऋषभदेव श छगनलाल पुरोहित के निकट पर्यवेक्षण में थानाधिकारी पाटिया उप निरीक्षक हरीश कुमार और उनकी पूरी टीम (राजेंद्र प्रसाद, रणजीत, पोपटलाल, अक्षय और राहुल पाटीदार) की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
बिजनौर शहर कोतवाली क्षेत्र के नुमाइश ग्राउंड चौक पर स्थित एक पराग डेयरी की दुकान में रविवार सुबह भीषण आग लग गई। इस घटना में दुकान में रखा लाखों रुपये का सामान जलकर राख हो गया। सूचना मिलने पर दमकल विभाग की टीम ने मौके पर पहुंचकर काफी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। आग लगने का प्रारंभिक कारण शॉर्ट सर्किट बताया जा रहा है। यह घटना बिजनौर कोतवाली शहर क्षेत्र की सिविल लाइन पुलिस चौकी के पास नुमाइश ग्राउंड के निकट हुई। विनीत नामक व्यक्ति इस पराग डेयरी की दुकान का संचालन करते हैं। दुकान में चाय, समोसे, पकौड़ी, मिठाई, कोल्ड ड्रिंक, चिप्स, लस्सी और दूध से बने अन्य उत्पाद बेचे जाते थे। जानकारी के अनुसार, रविवार सुबह करीब 7 बजे अचानक दुकान में आग लग गई। आग इतनी तेजी से फैली कि देखते ही देखते पूरी दुकान को अपनी चपेट में ले लिया। आग की सूचना मिलते ही आसपास के लोगों की भारी भीड़ मौके पर जमा हो गई। आग की लपटें और धुआं काफी दूर से दिखाई दे रहा था, जिससे इलाके में हड़कंप मच गया। आग लगने से दुकान में रखे फ्रिज, काउंटर, फर्नीचर, मिठाई और खाने-पीने का अन्य सामान पूरी तरह जल गया। दुकान मालिक को लाखों रुपये के नुकसान का अनुमान है। दमकल विभाग ने आग पर काबू पाने के बाद बताया कि शुरुआती जांच में आग का कारण शॉर्ट सर्किट प्रतीत हो रहा है।
छत्तीसगढ़ के रायगढ़ में पिछले दिनों एक युवक द्वारा महिला को प्रताड़ित करने व मासूम को पाकिस्तान जिंदाबाद के नारे लगाने का मामला सामने आया था। जिसमें आरोपी के खिलाफ राजद्रोह का अपराध दर्ज किया गया था। ऐसे में आरोपी को एक दिन के प्रोडक्शन वारंट पर जेल से प्राप्त कर घटनास्थल पर ले जाकर पुलिस ने पूछताछ की। इस दौरान आरोपी ने हिंदुस्तान जिंदाबाद और पाकिस्तान मुर्दाबाद के नारे लगाए। मिली जानकारी के मुताबिक वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक शशि मोहन सिंह के निर्देशन में महिला से प्रताड़ना और राजद्रोह जैसे गंभीर धाराओं में आरोपी वसीम मोहम्मद निवासी जोगीडिपा पर दर्ज प्रकरण की विवेचना तेजी से आगे बढ़ाई जा रही है। मामले की गंभीरता को देखते हुए डीएसपी उन्नति ठाकुर के सुपरविजन में विवेचना थाना प्रभारी पुसौर निरीक्षक हर्षवर्धन सिंह बैस को सौंपी गई है। जहां आरोपी विवेचना के लिए निरीक्षक हर्षवर्धन सिंह बैस द्वारा न्यायालय से प्रोडक्शन वारंट प्राप्त कर आरोपी को जिला जेल से एक दिन की पुलिस अभिरक्षा में लिया गया। जिसके बाद पुलिस टीम द्वारा आरोपी को घटनास्थल ले जाकर आवश्यक पूछताछ, स्थल निरीक्षण व अन्य विवेचना की गई। इस दौरान आरोपी ने हिंन्दुस्तान जिंदाबाद, पाकिस्तान मुर्दाबाद के नारे लगाता रहा। पुलिस रिमांड अवधि पूरी होने के बाद आरोपी को फिर से न्यायालय में प्रस्तुत कर न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया गया है। प्रकरण की विवेचना जारी है और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। क्या था मामला 29 मई 2026 को एक स्थानीय महिला ने महिला थाना में लिखित शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत में आरोप लगाया गया कि आरोपी मोहम्मद वसीम द्वारा उसे शारीरिक और मानसिक रूप से काफी प्रताड़ित किया गया। साथ ही उसके नाबालिग बेटे को पाकिस्तान जिंदाबाद और हिंदुस्तान मुर्दाबाद जैसे भारत विरोधी नारे सिखाए गए। जिसका वीडियो भी सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था। महिला की शिकायत के बाद पुलिस ने आरोपी वसीम मोहम्मद के खिलाफ धारा 85, 351, 152 एवं 197 BNS व छत्तीसगढ़ धर्म स्वातंत्र्य अधिनियम, 1968 की धारा 4 के अंतर्गत अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना प्रारंभ की गई। रिमांड अवधी पूरी होने के बाद वापस जेल भेजा गयाएसएसपी शशि मोहन सिंह ने बताया कि राष्ट्र विरोधी मानसिकता फैलाने, महिलाओं के खिलाफ अपराध तथा सामाजिक सौहार्द को प्रभावित करने वाले मामलों में पुलिस साक्ष्य आधारित कड़ी कार्रवाई करेगी। आरोपी वसीम को घटना स्थल ले जाकर पूछताछ की गई और पुलिस रिमांड अवधि पूरी होने के बाद आरोपी को फिर से न्यायालय में प्रस्तुत कर न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया गया है।
वाराणसी के सिगरा क्षेत्र में समाजवादी पार्टी कार्यकर्ताओं ने किसानों को खाद उपलब्ध कराने की मांग को लेकर रविवार की दोपहर 1 बजे अनोखा विरोध प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के दौरान सपा कार्यकर्ता हरीश मिश्रा ने अर्धनग्न होकर अपनी नाराजगी जताई और सिगरा थाने पहुंचकर अधिकारियों को संबोधित एक प्रार्थना पत्र सौंपा। प्रदर्शन का उद्देश्य किसानों को डीएपी, यूरिया और पोटाश जैसी आवश्यक उर्वरकों की उपलब्धता सुनिश्चित कराने तथा खाद की कथित कालाबाजारी और तस्करी पर रोक लगाने की मांग उठाना था। किसानों को समय पर मिले खाद- हरीश प्रदर्शन के दौरान हरीश मिश्रा ने कहा कि वह किसान हितों से जुड़े मुद्दों को लेकर सिगरा स्थित संबंधित अधिकारी के समक्ष आवेदन देने पहुंचे हैं। उनके साथ सपा कार्यकर्ता संदीप यादव और अनिल यादव भी मौजूद रहे। उन्होंने आरोप लगाया कि किसानों को समय पर डीएपी, यूरिया और पोटाश उपलब्ध नहीं हो रही है। उनका कहना था कि कई सहकारी समितियों पर ताले लटके हैं, जिससे किसानों को खाद नहीं मिल पा रही और धान की बुवाई प्रभावित हो रही है। हरीश मिश्रा ने आरोप लगाया कि खाद की कथित दलाली और तस्करी के कारण किसान परेशान हैं। उन्होंने कहा कि यदि समय पर उर्वरक उपलब्ध नहीं कराए गए तो खेती-किसानी पर गंभीर असर पड़ेगा और किसानों के सामने आर्थिक संकट और गहरा जाएगा। उन्होंने कहा कि देश का किसान पहले से ही कठिन परिस्थितियों का सामना कर रहा है और अब खाद की कमी ने उसकी परेशानी और बढ़ा दी है। 15 दिनों के भीतर उपलब्ध हो खाद- हरीश प्रशासन से मांग की कि डीएपी, यूरिया और पोटाश की कथित तस्करी एवं कालाबाजारी में शामिल लोगों की पहचान कर उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए। उनका कहना था कि यदि किसी विभागीय अधिकारी या बाहरी बिचौलिए की संलिप्तता सामने आती है तो उसके खिलाफ भी कानूनी कार्रवाई की जाए। साथ ही सभी सहकारी समितियों पर अगले 15 दिनों के भीतर पर्याप्त मात्रा में खाद उपलब्ध कराने की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए।
अयोध्या जनपद के रूदौली तहसील क्षेत्र के जैथरी गांव निवासी शिवकुमार निषाद (50) की खाड़ी देश ओमान में 9 जुलाई 2026 को इलाज के दौरान मृत्यु हो गई। इस सूचना के बाद उनके परिवार में शोक का माहौल है। शिवकुमार निषाद अपने पीछे पत्नी माईसा देवी, पांच बेटियां और दो बेटे छोड़ गए हैं। उनकी बड़ी बेटी की शादी हो चुकी है। परिवार में बेटे सुभाष और मुकेश के अलावा बेटियां रीमा, उमा, कल्पना और रागिनी हैं। पत्नी माईसा देवी ने बताया कि उनके पति लगभग तीन वर्ष ओमान में काम करने के बाद गांव लौटे थे और वर्ष 2024 में दोबारा रोजगार के लिए गए थे। इस वर्ष उनके घर लौटने की उम्मीद थी, लेकिन उससे पहले ही उनकी मृत्यु हो गई। शव को जल्द से जल्द वतन लाने की मांग पिता का शव भारत लाने के लिए शिवकुमार के बेटे सुभाष निषाद ने रूदौली विधायक रामचंद्र यादव से सहायता की गुहार लगाई। विधायक रामचंद्र यादव ने रविवार, 12 जुलाई को बताया कि शिवकुमार निषाद की ओमान में आकस्मिक मृत्यु हुई है परिवार से मुलाकात कर पूरे मामले की जानकारी ली गई है। परिजनों ने बताया कि अस्पताल में इलाज के दौरान मौत हुई है शिवकुमार के मालिक ने बताया था कि हार्ट अटैक आने से मौत हुई है। विधायक ने कहा कि शव को भारत लाने के लिए संबंधित अधिकारियों से बातचीत की जा रही है। जल्द ही शव को वतन लाया जाएगा। उन्होंने तहसील प्रशासन को परिवार को आर्थिक सहायता उपलब्ध कराने के लिए आवश्यक निर्देश भी दिए हैं।
प्रदेश में रविवार से पौधारोपण महायज्ञ का शुभारंभ हो गया। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सुबह 8:15 बजे गोरखपुर लिंक एक्सप्रेसवे के किनारे त्रिवेणी यानी नीम, बरगद, पीपल के पेड़ लगाकर इस महायज्ञ की शुरूआत की। गोरखपुर विकास प्राधिकरण (GDA) की ओर से रामगढ़ताल के किनारे बन रहे 4 किलोमीटर लंबे ताल रिंग रोड के किनारे 500 पौधे रोपे गए। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने यहां मौलश्री का पौधा लगाया और रिंग रोड से सेल्फी ली।उपस्थित लोगों को सबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि एक वृक्ष अपने भीतर हजारों लीटर जल का अवशोषण करके रखता है। नदियां वहीं सदानीरा होती हैं जहां वन या बहुतायत में वृक्ष होते हैं। ऐसे में यदि वृक्षों की अंधाधुंध कटान होगी तो जल और जल की कमी से खाद्यान्न का संकट खड़ा हो सकता है। उन्होंने कहा कि पर्यावरण असंतुलन से वर्षा चक्र का अंतर बढ़ता है और इसका प्रतिकूल असर अन्नदाता किसान के लिए संकट पैदा करता है। बड़े पैमाने पर पेड़ों के कटान से पेयजल का संकट और सूखे की स्थिति बनती है। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रकृति और पर्यावरण संतुलन बनाने के लिए अपने दायित्व का निवर्हन करने को हर नागरिक को ‘एक पेड़ मां के नाम’ थीम को समर्पित पौधरोपण महाभियान से जुड़ना होगा। उन्होंने कहा कि हर व्यक्ति को पौधा लगाने के साथ ही उसकी सुरक्षा का संकल्प भी लेना होगा। सीएम योगी ने कहा कि इस वर्ष एक ही दिन में सरकार ने 35 करोड़ पौधरोपण करने का लक्ष्य तय किया है। लक्ष्य बड़ा भले हो लेकिन यूपी जैसे राज्य में जहां 57 लाख से अधिक नर्सरियां हैं, के लिए यह मुश्किल नहीं है। पौधरोपण महाभियान में औषधीय, फलदार, छायादार, इमारती हर तरह के पौधे लगाए जा रहे हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश सरकार ने हर वर्ष पौधरोपण के बड़े अभियान को आगे बढ़ाया है और लगाए गए पौधों की सुरक्षा की पुख्ता व्यवस्था की है। इसी का परिणाम है कि सर्वे में वनाच्छादन का विस्तार स्पष्ट दिखाई देता है। उन्होंने कहा कि कृतज्ञता ज्ञापन भारतीय संस्कृति की पहचान है और व्यापक पैमाने पर पौधरोपण के जरिये हम प्रकृति के प्रति कृतज्ञता ज्ञापित कर वर्तमान और भावी पीढ़ी के भविष्य को उज्ज्वल बना सकते हैं। GDA उपाध्यक्ष अभिनव गोपाल ने कहा कि ताल रिंग रोड के किनारे 500 पौधे लगाए गए हैं। प्राधिकरण इस महायज्ञ के दौरान 25 हजार पौधे लगाएगा। ताल रिंग रोड पर पौधारोपण के दौरान सांसद रविकिशन शुक्ल, महापौर डॉ. मंगलेश श्रीवास्तव, एमएलसी एवं भाजपा के प्रदेश उपाध्यक्ष डॉ. धर्मेंद्र सिंह, क्षेत्रीय अध्यक्ष विनोद राय, महानगर अध्यक्ष रमेश प्रताप गुप्ता, पूर्व महानगर अध्यक्ष राजेश गुप्ता आदि उपस्थित रहे।
एक नायब तहसीलदार के दो जगह ट्रांसफर:परबतसर और कुचामन में खाली पद पर पोस्टिंग
नागौर में पुलिस विभाग में निरीक्षकों, उप निरीक्षकों और सैकड़ों कांस्टेबलों के तबादले किए गए हैं, जबकि राजस्व विभाग की सूची में सामने आई एक बड़ी प्रशासनिक चूक चर्चा का विषय बन गई है। एक ही नायब तहसीलदार का दो अलग-अलग स्थानों पर तबादला आदेश जारी होने से विभागीय अधिकारियों और संबंधित कार्मिक के सामने असमंजस की स्थिति बन गई है। एक नायब तहसीलदार के दो तबादले राजस्व मंडल की ओर से जारी तबादला सूची में चूक भी सामने आई है। एसडीएम कार्यालय किशनगढ़ में कार्यरत नायब तहसीलदार प्रेमसुख वैष्णव का एक ही आदेश में परबतसर और कुचामन दोनों स्थानों पर तबादला दर्शाया गया है। एक ही अधिकारी के दो अलग-अलग स्थानों पर तबादला आदेश जारी होने से विभाग में भ्रम की स्थिति बन गई है और यह मामला प्रशासनिक गलियारों में चर्चा का विषय बना हुआ है। पुलिस विभाग में फेरबदल जिला पुलिस अधीक्षक कार्यालय की ओर से जारी दो अलग-अलग आदेशों में 16 पुलिस निरीक्षकों (इंस्पेक्टर) और 17 उप निरीक्षकों (एसआई) का स्थानांतरण एवं पदस्थापन किया गया है। इससे पहले जिले में 251 कांस्टेबलों के भी तबादले किए जा चुके हैं। आदेश के अनुसार छोटीलाल मीणा को सुरपालिया, राजेश कुमार को मूंडवा, राकेश कुमार को पादूकलां, मनीष गुप्ता को महिला थाना, तुलसीराम को मेड़ता रोड, राजेश कुमार मीणा को मेड़ता सिटी, इमरत सिंह को साइबर थाना नागौर तथा रघुवीर सिंह को खाटू थानाधिकारी लगाया गया है। वहीं सुरेश बिजारणियां को मूंडवा से खींवसर, सुमन चौधरी को सुरपालिया से सदर नागौर, दिलीप सहल को खाटू से जायल, हरीश सांखला को डेगाना से श्रीबालाजी और विमला को महिला थाना नागौर से भावंडा थानाधिकारी बनाया गया है। रामनारायण भंवरिया और ओमप्रकाश गौरा को पुलिस लाइन भेजा गया है। नागौर कोतवाल का पद फिलहाल खाली तबादलों के बाद नागौर शहर कोतवाली के थानाधिकारी का पद फिलहाल रिक्त हो गया है। यहां महावीर प्रसाद मीणा की नियुक्ति प्रस्तावित थी, लेकिन उनकी रेंज कोटा होने के कारण फिलहाल उनकी पदस्थापना नहीं हो सकी। वहीं पूर्व कोतवाल वेदपाल शिवरान का तबादला बीकानेर रेंज कर दिया गया है। ऐसे में शहर कोतवाली को नए थानाधिकारी का इंतजार रहेगा।
कोरबा के कुसमुंडा-दीपका मार्ग स्थित कुचेना रेलवे अंडरब्रिज पर शनिवार शाम जाम के दौरान सीआईएसएफ जवानों पर पिकअप चालक और उसके हेल्पर से मारपीट करने का आरोप लगा है। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद मामला चर्चा में आ गया है। चालक की शिकायत पर पुलिस ने जांच शुरू कर दी है। जानकारी के अनुसार, शनिवार शाम करीब 6:30 बजे कुचेना अंडरब्रिज के पास भारी जाम लगा हुआ था। इसी दौरान सीआईएसएफ जवानों को ले जा रही एक बस और कुसमुंडा निवासी अमन मसीह की पिकअप (CG 12 BP 0143) भी जाम में फंसी थी। जाम के दौरान हुई बस और पिकअप की टक्कर प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, जाम से निकलने की कोशिश में बस चालक ने पिकअप की स्टीयरिंग जबरन मोड़ने का प्रयास किया, जिससे दोनों वाहनों के बीच हल्की टक्कर हो गई। इसके बाद दोनों पक्षों के बीच विवाद शुरू हो गया। चालक का आरोप- जवानों ने की मारपीट पिकअप चालक अमन मसीह का आरोप है कि टक्कर के बाद बस से उतरे सीआईएसएफ जवानों ने पहले गाली-गलौज की, फिर उनके और हेल्पर के साथ मारपीट की। चालक ने यह भी आरोप लगाया कि जवानों ने पिकअप की चाबी छीन ली और पैसों की मांग की। सोशल मीडिया पर वायरल हुआ वीडियो घटनास्थल पर मौजूद एक व्यक्ति ने पूरे घटनाक्रम का वीडियो बना लिया, जो अब सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। वीडियो में वर्दीधारी जवान पिकअप चालक से बहस करते और वीडियो बना रहे लोगों से भी उलझते नजर आ रहे हैं। पुलिस दोनों पक्षों से कर रही पूछताछ पुलिस ने मामले में दोनों पक्षों के बयान दर्ज करने शुरू कर दिए हैं। साथ ही सीआईएसएफ अधिकारियों से भी घटना के संबंध में जानकारी मांगी गई है। पुलिस का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
पार्वती नदी में मिला टीचर का शव:ड्यूटी के बाद घर लौटते समय रपट पार करते समय बह गए थे
धौलपुर जिले के मनियां थाना क्षेत्र में पार्वती नदी की रपट से लापता हुए एक सरकारी शिक्षक का शव रविवार को बरामद कर लिया गया। स्थानीय गोताखोरों, सिविल डिफेंस और पुलिस की संयुक्त टीम ने कई घंटों तक चले रेस्क्यू अभियान के बाद शव को नदी से बाहर निकाला। थाना प्रभारी नीरज शर्मा ने बताया कि मृतक की पहचान सहजपुर निवासी शिक्षक शंकरलाल के रूप में हुई है। शंकरलाल शनिवार को शाहपुरा स्थित विद्यालय से ड्यूटी पूरी कर बाइक से अपने घर लौट रहे थे। रांडोली स्थित पार्वती नदी की रपट पार करते समय वे तेज बहाव की चपेट में आ गए थे। रपट पर मिले थे बाइक और मोबाइलघटना के बाद उनकी बाइक और मोबाइल फोन रपट पर लावारिस हालत में मिले थे। इसके आधार पर पुलिस ने तत्काल नदी में तलाश अभियान शुरू किया था। रविवार को चलाए गए सर्च ऑपरेशन के दौरान ही शिक्षक का शव बरामद हुआ।शव को पोस्टमॉर्टम के लिए अस्पताल की मॉर्च्युरी में रखवाया गया। पोस्टमॉर्टम की कार्रवाई पूरी होने के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया। पुलिस इस मामले की जांच कर रही है।
मुरादाबाद में महिला ने पिस्टल के बल पर जबरन धर्म परिवर्तन कराने का आरोप लगाया है। महिला का कहना है कि आरोपियों ने उसके सिर पर लाइसेंसी पिस्टल रखकर जान से मारने की धमकी दी। इसके बाद धर्म परिवर्तन कराया और निकाह करने का दबाव बनाया। विरोध करने पर कई दिनों तक घर में बंधक बनाकर रखा। मामला मझोला थाना क्षेत्र का है। पुलिस ने पीड़िता की शिकायत पर दंपत्ति को गिरफ्तार किया है। दोनों को जेल भेजा जा रहा है। मामले में नामजद एक मौलवी और दो अज्ञात आरोपी फरार हैं। पुलिस उनकी तलाश कर रही है। 3 साल से थे दोनों परिवारों के बीच संबंध पुलिस में दर्ज FIR के मुताबिक, महिला के परिवार और आरोपी सुल्तान सलाउद्दीन और उसकी पत्नी मेहनाज उर्फ मेहराज बेगम के बीच पिछले तीन साल से करीबी संबंध थे। दोनों परिवार एक-दूसरे के घर आते-जाते थे। पारिवारिक कार्यक्रमों और त्योहारों में भी साथ शामिल होते थे। महिला ने पुलिस को बताया कि 6 फरवरी को मेहनाज ने किसी काम के बहाने उसे अपने घर बुलाया। वह घर पहुंची तो वहां सुल्तान सलाउद्दीन, मेहनाज, एक मौलवी और दो अन्य लोग मौजूद थे। आरोप है कि सभी ने मिलकर उसे बंधक बना लिया। सिर पर रखी पिस्टल, जान से मारने की धमकी दी महिला का आरोप है कि उसके सिर पर लाइसेंसी पिस्टल रख दी गई। जान से मारने की धमकी देकर उस पर धर्म परिवर्तन का दबाव बनाया गया। डर के कारण आरोपियों ने जबरन उसका धर्म परिवर्तन करा दिया। FIR के अनुसार, इसके बाद महिला पर निकाह करने का दबाव बनाया गया। उसने विरोध किया तो आरोपियों ने अभद्रता की और जातिसूचक शब्द कहे। आरोप है कि महिला को कई दिनों तक घर में बंधक बनाकर रखा गया। मुख्य आरोपी पर छेड़छाड़ का भी आरोप पीड़िता ने मुख्य आरोपी पर छेड़छाड़ और अश्लील हरकतें करने का भी आरोप लगाया है। महिला किसी तरह आरोपियों के चंगुल से बाहर निकली। इसके बाद उसने पुलिस से शिकायत की। पुलिस ने अपहरण, अवैध रूप से बंधक बनाने, छेड़छाड़ और जान से मारने की धमकी समेत कई गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज किया है। उत्तर प्रदेश विधि विरुद्ध धर्म संपरिवर्तन प्रतिषेध अधिनियम और एससी/एसटी एक्ट की धाराएं भी लगाई गई हैं। मौलवी समेत 3 आरोपियों की तलाश एसपी सिटी कुमार रणविजय सिंह ने बताया कि महिला की शिकायत पर तत्काल मुकदमा दर्ज किया गया। नामजद दोनों मुख्य आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है। एक मौलवी और दो अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीमें लगाई गई हैं। मामले की जांच जारी है।
चित्तौड़गढ़ में राजस्थान लोक सेवा आयोग की ओर से आयोजित सीनियर टीचर प्रतियोगी एग्जाम के पहले दिन चित्तौड़गढ़ में पहली पारी में 70.77 प्रतिशत कैंडीडेट्स एग्जाम देने पहुंचे। जिले के 13 सेंटरों पर एग्जाम कड़ी सुरक्षा और तय व्यवस्था के बीच कराया गया। पहली पारी बिना किसी परेशानी के पूरी हो चुकी है, जबकि दूसरी पारी की शुरुआत दोपहर 3 बजे से होगी। प्रशासन ने दूसरी पारी के लिए भी सभी तैयारियां पूरी कर ली हैं और कैंडीडेट्स को समय से सेंटर पहुंचने की सलाह दी है। पहली पारी में 2842 ने एग्जाम दिया, 1174 अनुपस्थित पहली पारी का एग्जाम सुबह 10 बजे से दोपहर 12 बजे तक आयोजित किया गया। इस दौरान जनरल नॉलेज का पेपर हुआ। पहली पारी के लिए कुल 4016 कैंडीडेट्स रजिस्टर्ड थे। इनमें से 2842 कैंडीडेट्स एग्जाम देने पहुंचे, जबकि 1174 कैंडीडेट्स अनुपस्थित रहे। इसी के साथ पहली पारी में 70.77 प्रतिशत उपस्थिति दर्ज की गई। सुबह से ही सेंटरों पर कैंडीडेट्स पहुंचने लगे थे। सभी जगह एग्जाम तय समय पर शुरू हुआ और समय पर ही समाप्त भी हुआ। पूरे एग्जाम के दौरान सेंटरों पर व्यवस्था बनाए रखने के लिए प्रशासन और शिक्षा विभाग के अधिकारी लगातार निगरानी करते रहे। त्रिस्तरीय जांच के बाद ही मिली एंट्री एग्जाम को पूरी तरह निष्पक्ष और व्यवस्थित रखने के लिए सभी 13 सेंटरों पर सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए थे। पहले कैंडीडेट्स की पहचान और जरूरी डॉक्यूमेंट्स की जांच की गई। इसके बाद त्रिस्तरीय जांच पूरी होने पर ही एंट्री दी गई। अधिकारियों ने पूरे समय सेंटरों का निरीक्षण किया और यह सुनिश्चित किया कि परीक्षा के दौरान किसी तरह की अव्यवस्था नहीं हो। दूसरी पारी में सोशल साइंस का पेपर दूसरी पारी का एग्जाम दोपहर 3 बजे से शाम 5:30 बजे तक होगा। इस पारी में सोशल साइंस का पेपर आयोजित किया जाएगा। दूसरी पारी के लिए भी 4016 कैंडीडेट्स रजिस्टर्ड हैं। प्रशासन ने साफ किया है कि एंट्री दोपहर 1 बजे से 2 बजे तक ही होगी। दोपहर 2 बजे के बाद किसी भी कैंडीडेट्स को किसी भी स्थिति में सेंटर में एंट्री नहीं दी जाएगी। दूसरी पारी में भी पहली पारी की तरह सुरक्षा, जांच और अन्य सभी व्यवस्थाएं पहले जैसी ही रहेंगी।
बांदा के बिसंडा थाना क्षेत्र में एक महिला की हत्या के मामले में नया मोड़ आया है। पुलिस अधीक्षक पलाश बंसल के अनुसार, यह घटना प्रेम विवाह से जुड़े पारिवारिक विवाद का परिणाम है, जिसमें दामाद आरोपी है। वहीं, मृतका की बेटी ने जमीन विवाद और पुलिस की लापरवाही के आरोप लगाए हैं। मृतका बानो की बेटी गुल अफरोज उर्फ आलिया ने आरोप लगाया है कि मोहल्ले के कुछ लोगों ने जमीन कब्जाने के विवाद में उसकी मां की धारदार हथियार से हत्या कर दी। आलिया का कहना है कि वह कई महीनों से पुलिस से शिकायत कर रही थी, लेकिन कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं हुई। उसने यह भी आरोप लगाया कि घटना वाले दिन भी पुलिस ने सुरक्षा नहीं दी, जिसके कारण यह वारदात हुई। लव मैरिज से नाराज थी बानोहालांकि, पुलिस अधीक्षक पलाश बंसल ने इस मामले में अलग जानकारी दी है। उनके अनुसार, आरोपी युवक अनुसूचित जाति (SC) समुदाय से है, जबकि युवती मुस्लिम समुदाय की है। दोनों ने करीब एक वर्ष पहले प्रेम प्रसंग के बाद विवाह कर लिया था और गांव में ही साथ रह रहे थे। पुलिस के मुताबिक, मृतका बानो इस विवाह के पक्ष में नहीं थीं। इसी बात को लेकर दोनों परिवारों के बीच कई बार गांव स्तर पर और थाने में पंचायत भी कराई गई थी। रास्ते में दामाद ने हमला कियापुलिस अधीक्षक के अनुसार, घटना वाले दिन भी मृतका ने अपनी बेटी को बुलाकर डांटा था। इसकी जानकारी मिलने पर दामाद वहां पहुंचा और दोनों पक्षों के बीच विवाद हो गया। इसके बाद यूपी-112 को सूचना दी गई। पुलिस ने महिला को थाने जाकर प्रार्थना पत्र देने और दोबारा पंचायत कराने की सलाह दी थी। कुछ देर बाद जब महिला थाने जाने के लिए निकली, तभी रास्ते में उसके दामाद ने उस पर हमला कर दिया, जिससे उसकी मौत हो गई। पुलिस का कहना है कि अब तक की जांच में जमीन विवाद जैसी कोई बात सामने नहीं आई है।
फरीदाबाद के गांव सोतई में प्रस्तावित डंपिंग यार्ड का विरोध तेज हो गया है। रविवार को बड़ी संख्या में ग्रामीण केंद्रीय राज्य मंत्री कृष्णपाल गुर्जर के कार्यालय पहुंचे और डंपिंग यार्ड बनाए जाने के फैसले पर आपत्ति जताई। ग्रामीणों ने कहा कि यदि गांव के पास डंपिंग यार्ड बनाया गया तो आसपास रहने वाले लोगों को दुर्गंध, प्रदूषण और अन्य समस्याओं का सामना करना पड़ेगा। ग्रामीणों ने मंत्री को बताया कि सेक्टर-56 और पलवल के अगवानपुर जैसे इलाकों में आबादी के बीच बने कूड़ा डंपिंग यार्ड के कारण लोगों को लंबे समय से परेशानियां झेलनी पड़ रही हैं। उनका कहना था कि सोतई गांव के साथ भी ऐसा नहीं होना चाहिए और सरकार इस प्रस्ताव को तुरंत रद्द करे। मंत्री ने दिया बात करने का आश्नासन ग्रामीणों की बात सुनने के बाद केंद्रीय राज्य मंत्री कृष्णपाल गुर्जर ने कहा कि लोगों की भावनाओं और समस्याओं को ध्यान में रखते हुए डंपिंग यार्ड के मुद्दे पर संबंधित अधिकारियों के साथ विस्तृत चर्चा की जाएगी। उन्होंने स्पष्ट कहा कि किसी भी आबादी वाले क्षेत्र में डंपिंग यार्ड नहीं बनाया जाएगा। सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर फैसला मंत्री ने कहा कि गांव सोतई भविष्य में फरीदाबाद का प्रमुख प्रवेश द्वार बनने जा रहा है। ऐसे में वहां डंपिंग यार्ड बनने से न केवल स्थानीय लोगों को परेशानी होगी, बल्कि शहर की सुंदरता और छवि पर भी नकारात्मक असर पड़ेगा। इसलिए इस विषय पर सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर फैसला लिया जाएगा। विपक्ष लोगों को भ्रमित करने का प्रयास कर रहा इस दौरान एथेनॉल मिश्रित पेट्रोल को लेकर उठ रहे सवालों पर भी कृष्णपाल गुर्जर ने प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि विपक्ष लोगों को भ्रमित करने का प्रयास कर रहा है। देश की किसी भी वाहन निर्माता कंपनी ने एथेनॉल मिश्रित पेट्रोल को लेकर कोई आधिकारिक शिकायत नहीं की है। एथेनॉल से देश को होगा फायदा उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का विजन देश के विकास और आत्मनिर्भरता को मजबूत करना है। एथेनॉल के उपयोग से किसानों को लाभ मिलेगा, पेट्रोलियम आयात पर निर्भरता कम होगी और देश की अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस के पास विकास के मुद्दों पर बोलने के बजाय लोगों को गुमराह करने के अलावा कोई ठोस एजेंडा नहीं है।
गाजीपुर में शनिवार की देर रात नवविवाहिता ने फंदे से लटककर जान दे दी। सूचना पर पहुंची पुलिस ने कमरे का दरवाजा तोड़कर शव को कब्जे में लिया। पुलिस ने फंदे के रूप में प्रयोग किए गए साड़ी और शव के पास टूटे मिले कांच के टुकड़े कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी है। नवविवाहिता ने अक्टूबर 2025 में प्रेम विवाह किया था। इसके चलते उसके मायके के लोग नाराज थे। एक दिन पहले नवविवाहिता ने अपने पिता से फोन पर बात की और मायके आने की इच्छा जताई थी। लेकिन उन्होंने आने से मना कर दिया। फिलहाल पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। यह पूरा मामला जमानियां कोतवाली क्षेत्र का है। दरअसल, भीष्मदेव राय पट्टी गांव निवासी ओमप्रकाश की रांग नंबर के जरिये कुशीनगर जिले के हाटा थाना क्षेत्र के परसिया गांव निवासी प्रीति पटेल (22) से संपर्क हुआ था। फोन पर बातचीत के दौरान प्रेम हो गया और अक्टूबर 2025 में शादी कर लिया। ओमप्रकाश मजदूरी करके अपने परिवार का भरण-पोषण करता है। मृतका के ससुर जगजीवन ने बताया कि बड़ी बहू प्रीति के घरवाले उसके प्रेम विवाह से नाराज थे। उसने शनिवार की शाम को अपने पिता इंद्रमणि पटेल से फोन करके घर आने की इच्छा जताई थी, लेकिन किसी कारणवश उसे आने से मना कर दिया गया था। परिवार के सभी सदस्य शनिवार की देर रात घर से बाहर गए थे। जब लौटे तो कमरे में खिड़की से देखा तो अंदर प्रीति फंदे से लटकी मिली। घटना के समय उसका पति ओमप्रकाश और ससुर घर के बाहर सो रहे थे। परिवार की महिलाओं ने शोर मचाकर उनको बुलाया। ओमप्रकाश ने डॉयल 112 को सूचना दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने दरवाजा तोड़कर शव को कब्जे में लिया। जांच में शव के बास शीशे का टूकड़ा मिला है। पुलिस ने आशंका जताया है कि प्रीति ने अपने पिता से बातचीत के बाद गुस्से में शीशे की अलमारी पर हाथ मार दिया, जिससे उसका हाथ घायल हो गया। इसके बाद उसने साड़ी के फंदे से लटककर जान दे दी। वहीं, प्रभारी निरीक्षक राजू दिवाकर ने बताया कि शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। मामले की सभी पहलुओं से जांच की जा रही है। मौत के वास्तविक कारणों का पता पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही चल सकेगा।
पाकुड़ रेलवे स्टेशन के प्लेटफॉर्म संख्या दो पर ओवरब्रिज के पास ट्रेन की चपेट में आने से एक अज्ञात व्यक्ति की मौके पर ही मौत हो गई। घटना के बाद स्टेशन परिसर में अफरा-तफरी का माहौल बन गया। मृतक का शव प्लेटफॉर्म संख्या 2 पर ओवरब्रिज के समीप पोल संख्या 151/2 और 150/42 के बीच रेलवे ट्रैक के किनारे कटा हुआ पाया गया। सूचना मिलते ही जीआरपी के अधिकारी और जवान मौके पर पहुंचे और घटनास्थल का जायजा लिया। पहचान की कोशिश जारी, यात्रियों से पूछताछ घटना के बाद जीआरपी ने तत्काल कार्रवाई करते हुए आसपास मौजूद यात्रियों से मृतक की पहचान के लिए पूछताछ की, लेकिन किसी ने भी उसे पहचानने से इंकार किया। स्टेशन पर मौजूद अन्य लोगों से भी जानकारी जुटाने की कोशिश की गई, पर कोई सुराग नहीं मिला। यात्रियों के अनुसार, आशंका जताई जा रही है कि संभवतः देर रात या सुबह के समय ट्रेन में चढ़ने या उतरने के दौरान वह व्यक्ति हादसे का शिकार हुआ होगा। पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया, जांच में जुटी पुलिस फिलहाल जीआरपी ने शव को अपने कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। साथ ही मृतक की पहचान सुनिश्चित करने के प्रयास तेज कर दिए गए हैं, ताकि उसके परिजनों को सूचना दी जा सके। पुलिस का कहना है कि हर पहलू को ध्यान में रखकर जांच की जा रही है।
जयपुर में करंट लगने से शनिवार रात एक युवक की मौत हो गई। वह एक डेयरी बूथ में दोस्तों के साथ बैठा था। बिजली झटके से बेहोश होने पर उसे SMS हॉस्पिटल में एडमिट करवाया गया था। रामगंज थाना पुलिस ने रविवार दोपहर पोस्टमॉर्टम करवाकर शव परिजनों को सौंप दिया। ASI बाबूलाल ने बताया- हादसे में रामगंज के घोड़ा निकास रोड निवासी निखिल (28) पुत्र योगेन्द्र की मौत हो गई। वह एक प्राइवेट कंपनी में जॉब करता था। शनिवार रात वह रामगंज चौपड़ पर स्थित दूध की डेयरी बूथ में अपने दोस्तों के साथ बैठा था। रात करीब 8:30 बजे डेयरी बूथ में बैठे होने के दौरान उसे बिजली से करंट लग गया। झटका लगने से वह नीचे गिरकर बेहोश हो गया। डेयरी बूथ ऑनर ने परिचितों की मदद से उसे SMS हॉस्पिटल में एडमिट करवाया। डॉक्टर्स ने इलाज के दौरान देर रात उसे मृत घोषित कर दिया। ASI बाबूलाल का कहना है- पुलिस की ओर से मर्ग रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है। मामले में जांच की जा रही है कि वह डेयरी बूथ में क्यों गया था?, किसी चीज से उसको करंट लगा है। जांच के बाद भी आगे की कार्रवाई की जाएगी।
सिख धर्म पर अभ्रद टिप्पणी करने वाले चेतन शर्मा की गिरफ्तारी न होने पर गुस्साए सिख संगठनों व निहंग जत्थों ने पंजाब के सबसे महंगे लाडोवाल टोल प्लाजा पर धरना शुरू करके टोल फ्री कर दिया। जत्थेबंदियों ने साफ कर दिया कि जब तक पुलिस कोई ठोस एक्शन नहीं लेती तब तक धरना जारी रहेगी और टोल फ्री रहेाग। सिख संगठनों का कहना है कि 25 दिन बीत जाने के बाद भी पुलिस चेतन शर्मा को गिरफ्तार नहीं कर पाई। लाडोवाल टोल प्लाजा पर लुधियाना से जालंधर की तरफ जाने वाली सड़क पर सिर्फ एक लेन से व्हीकल निकाले जा रहे हैं जिसकी वजह से लोगों को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। वहीं जालंधर की तरफ से आने वाली ज्यादार लेन से वाहन फ्री में निकल रहे हैं। 25 दिन से पुलिस खाली हाथ प्रदर्शनकारियों का आरोप है कि आरोपी चेतन शर्मा पर संगीन मामला दर्ज है, लेकिन पुलिस की ढीली कार्रवाई के कारण 25 दिन बाद भी आरोपी को पुलिस गिरफ्तार नहीं कर पाई और वह खुलेआम घूम रहा है। सिख संगठनों का कहना है कि चेतन शर्मा की गिरफ्तारी को लेकर पहले सीपी दफ्तर में धरना दिया था, लेकिन तब भी चेतन शर्मा के खिलाफ कोई एक्शन नहीं लिया गया। उनका कहना है कि चेतन शर्मा ने सिख धर्म के प्रति बेहद गंदी टिप्पणी की है जो बर्दाश्त करने लायक नहीं है। सिख संगठनों ने साफ कर दिया है कि यह धरना तब तक खत्म नहीं होगा, जब तक पुलिस प्रशासन आरोपी चेतन शर्मा को गिरफ्तार करके सलाखों के पीछे नहीं भेज देता। टोल फ्री, पर सिर्फ एक लेन चालू जत्थेबंदियों ने टोल टैक्स तो बंद करवा दिया है, लेकिन वाहनों के लिए सिर्फ एक ही लेन छोड़ी है। इसके चलते वहां से गुजरने वाले राहगीरों को भारी ट्रैफिक जाम का सामना करना पड़ रहा है। वहीं दूसरी तरफ जालंधर से आने वाली साइड में सभी लेनों से वाहन फ्री में निकाले जा रहे हैं। कई थानों की पुलिस मौके पर पहुंची सिख संगठन जैसे ही लाडोवाल टोल प्लाजा पर धरना देने पहुंचे तो पहले थाना लाडोवाल पुलिस पहुंची। उसके बाद अन्य थानों से भी पुलिस को मौके पर बुलाया गया। पुलिस अधिकारी लगातार प्रदर्शनकारियों से बात कर रही है।
धनबाद के हीरापुर स्थित चाइना मार्केट में एक कॉस्मेटिक दुकान से हो रही लगातार चोरी की घटनाओं का आखिरकार खुलासा हो गया। रविवार को दुकान संचालक और कर्मचारियों की सतर्कता के चलते दो महिलाओं को चोरी करते हुए रंगे हाथ पकड़ लिया गया। बताया जाता है कि पिछले दो-तीन दिनों से दुकान से महंगे कॉस्मेटिक सामान गायब हो रहे थे, जिससे दुकानदार काफी परेशान था। बार-बार हो रही इस घटना के बाद उसने खुद ही जांच शुरू की। दुकान में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली। फुटेज में दो महिलाएं संदिग्ध तरीके से सामान उठाते हुए नजर आईं, जिसके बाद दुकानदार ने उन्हें पकड़ने की योजना बनाई। दूसरी बार आते ही जाल में फंसीं महिलाएं रविवार को जैसे ही दोनों महिलाएं फिर से दुकान पर पहुंचीं, पहले से सतर्क दुकानदार और कर्मचारियों ने उन पर नजर बनाए रखी। कुछ देर बाद जब उन्होंने फिर से सामान चोरी करने की कोशिश की, तभी मौके पर मौजूद लोगों ने उन्हें पकड़ लिया। इस दौरान दुकान में कुछ देर के लिए अफरा-तफरी का माहौल बन गया, लेकिन कर्मचारियों ने संयम रखते हुए दोनों को काबू में रखा। इसके बाद तत्काल सदर थाना पुलिस को सूचना दी गई। मौके पर पहुंची पुलिस ने दोनों महिलाओं को हिरासत में ले लिया। दुकानदार ने पहले की चोरी से जुड़े सभी सीसीटीवी फुटेज भी पुलिस को सौंप दिए हैं। संगठित गिरोह की आशंका, जांच में जुटी पुलिस इस घटना के बाद पुलिस पूरे मामले की गंभीरता से जांच कर रही है। प्रारंभिक पूछताछ में यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि दोनों महिलाएं अकेले काम कर रही थीं या किसी संगठित चोरी गिरोह का हिस्सा हैं। पुलिस यह भी जांच कर रही है कि शहर के अन्य बाजारों या दुकानों में हुई चोरी की घटनाओं से इनका कोई संबंध तो नहीं है। स्थानीय दुकानदारों ने इस घटना के बाद राहत की सांस ली है। पुलिस से बाजार में गश्त बढ़ाने की मांग की है।
भाजपा महिला मोर्चा की प्रदेश अध्यक्ष सरोज कुशवाहा रविवार को एक दिवसीय दौरे पर कानपुर पहुंची। जाजमऊ पुल पर दोपहर 11.50 पर प्रदेश अध्यक्ष का कार्यकर्ताओं पदाधिकारियों ने जोरदार स्वागत किया। इसके बाद नौबस्ता स्थित क्षेत्रिय कार्यालय में वह मीडिया से संवाद कार्यक्रम भी करेंगी और भाजपा महिला मोर्चा कानपुर-बुंदेलखंड क्षेत्र की संगठनात्मक बैठक को संबोधित करेंगी। भाजपा कानपुर-बुंदेलखंड क्षेत्र की उपाध्यक्ष एवं उत्तर प्रदेश राज्य महिला आयोग की सदस्य अनिता गुप्ता ने जानकारी दी कि बैठक में पदाधिकारियों के साथ बैठक करेंगी। जहां महिला मोर्चा की पदाधिकारी और कार्यकर्ता उनका स्वागत करेंगी। खबर अपडेट की जा रही है…
बिजनौर में बारिश के बाद बढ़ी उमस, तापमान में वृद्धि:तीन दिन की राहत के बाद फिर गर्मी बढ़ी
बिजनौर जिले में तीन दिनों की बारिश के बाद मौसम में फिर बदलाव आया है। रविवार सुबह से आसमान साफ रहा और तेज धूप निकली, जिसके बाद दोपहर तक उमस भरी गर्मी शुरू हो गई। इस बदलाव से तापमान में कई डिग्री की बढ़ोतरी दर्ज की गई, जिससे लोग पसीने से तरबतर होते दिखे। जिले में 6 जुलाई से मौसम ने करवट ली थी। आसमान में बादल छाए रहे और देर शाम बारिश शुरू हुई, जो शुक्रवार देर रात तक लगातार तीन दिनों तक जारी रही। इस बारिश के कारण कई नदियां उफान पर आ गईं और सड़कें, खेत तथा घर पानी से भर गए थे। हालांकि, इस बारिश से भीषण गर्मी से कुछ राहत मिली थी। शनिवार सुबह से ही मौसम ने एक बार फिर करवट ली। आसमान साफ हो गया और तेज धूप निकलने लगी। रविवार को भी यही स्थिति बनी रही, सुबह से निकली तेज धूप दोपहर तक और तीव्र हो गई, जिससे उमस भरी गर्मी ने लोगों को परेशान किया। बारिश थमने के बाद शहर के बाजारों में चहल-पहल लौट आई। लोग अपनी जरूरत का सामान खरीदने के लिए बाजारों में निकले, जिससे अच्छी रौनक देखने को मिली। दरअसल, जून की शुरुआत से ही जिले में भीषण गर्मी पड़ रही थी, जब तापमान 40 डिग्री सेल्सियस के पार पहुंच गया था। बीच-बीच में हुई हल्की बारिश और ठंडी हवाओं ने कुछ समय के लिए राहत दी थी। कृषि अनुसंधान केंद्र नगीना के आंकड़ों के अनुसार, 10 जुलाई को अधिकतम तापमान 28.2 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम 22.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया था। वहीं, 11 जुलाई को अधिकतम तापमान 34.4 डिग्री सेल्सियस, न्यूनतम 24.6 डिग्री सेल्सियस रहा। इस दौरान सापेक्ष आर्द्रता (Relative Humidity) 94% और 70% दर्ज की गई, जबकि 20.2 मिलीमीटर बारिश हुई।
कौशांबी में रविवार को वृक्षारोपण महायज्ञ अभियान 2026 के तहत विकास खंड मूरतगंज के बरई सुलेम स्थित कपि वन में फलदार और छायादार पौधों का रोपण किया गया। इस कार्यक्रम में राज्य पिछड़ा वर्ग आयोग के उपाध्यक्ष सोहन लाल श्रीमाली और प्रयागराज मंडलायुक्त एवं जनपद की नोडल अधिकारी सौम्या अग्रवाल ने पौधारोपण किया। मुख्य अतिथि श्रीमाली और मंडलायुक्त सौम्या अग्रवाल ने स्वयं सहायता समूह की महिलाओं और स्कूली बच्चों को पौधे वितरित किए। उन्होंने सभी को अधिक से अधिक पौधारोपण करने और उनकी नियमित देखभाल करने के लिए प्रेरित किया। मंडलायुक्त ने इस अवसर पर कहा कि पौधारोपण केवल एक अभियान नहीं, बल्कि भावी पीढ़ियों को स्वच्छ एवं स्वस्थ पर्यावरण प्रदान करने का संकल्प है। उन्होंने सभी से रोपे गए पौधों के संरक्षण एवं संवर्धन में सक्रिय सहभागिता निभाने का आह्वान किया। कौशांबी में 12 जुलाई, 2026 तक कुल 39,81,200 पौधारोपण का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। इस लक्ष्य को विभिन्न विभागों में आवंटित किया गया है। वन विभाग को 24,00,000, ग्राम विकास विभाग को 7,73,600, कृषि विभाग को 2,44,000, उद्यान विभाग को 1,11,000, पर्यावरण विभाग को 99,000, पंचायती राज विभाग को 91,000, राजस्व विभाग को 74,000, नगर विकास विभाग को 23,200, पशुपालन एवं स्वास्थ्य विभाग को 19-19 हजार, उच्च शिक्षा विभाग को 18,300, सिंचाई एवं जल संसाधन तथा रेलवे को 15-15 हजार, लोक निर्माण विभाग को 14,100, उद्योग विभाग को 11,300, बेसिक शिक्षा एवं गृह विभाग को 9-9 हजार, माध्यमिक शिक्षा विभाग को 8,700, नमामि गंगे को 7,300, प्राविधिक शिक्षा विभाग को 5,000, सहकारिता एवं ऊर्जा विभाग को 4,900-4,900, श्रम विभाग को 2,800 तथा परिवहन विभाग को 2,100 पौधारोपण का लक्ष्य दिया गया है। इस अवसर पर जिला पंचायत अध्यक्ष कल्पना सोनकर, चायल विधायक पूजा पाल, पूर्व विधायक संजय गुप्ता, पुलिस अधीक्षक सत्य नारायण और मुख्य विकास अधिकारी विनोद राम त्रिपाठी सहित अन्य अधिकारीगण उपस्थित रहे।
हिसार जिले के उकलाना शहर में दिनदहाड़े एक ज्वेलर्स की दुकान पर ग्राहक बनकर पहुंचे महिला और पुरुष ने दुकानदार को बातों में उलझाकर चार सोने की अंगूठियां चोरी कर ली और फरार हो गए। वारदात दुकान में लगे सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गई है। दुकानदार की शिकायत पर उकलाना पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। उकलाना मंडी निवासी रमेश सोनी ने बताया कि उनके पिता रामचंद्र सोनी अप्रोच रोड स्थित अपनी ज्वेलरी शॉप पर अकेले बैठे हुए थे। इसी दौरान एक महिला और एक पुरुष ग्राहक बनकर दुकान पर पहुंचे और सोने की अंगूठियां दिखाने को कहा। काउंटर पर रखी अंगूठियां चुराई दुकानदार ने उन्हें कई अंगूठियां दिखाई। आरोप है कि इसी दौरान दोनों ने दुकानदार को अन्य आभूषण दिखाने के बहाने बातचीत में उलझा लिया। मौका पाकर महिला और पुरुष काउंटर पर रखी चार सोने की अंगूठियां चुपचाप उठा ले गए। कुछ देर बाद जब रामचंद्र सोनी ने सामान की जांच की तो चार अंगूठियां गायब मिलीं। इसके बाद उन्होंने आसपास दोनों की तलाश की, लेकिन उनका कोई पता नहीं चल सका। घटना की सूचना तुरंत उकलाना पुलिस को दी गई। सीसीटीवी में कैद हुई वारदात पीड़ित के अनुसार पूरी वारदात दुकान में लगे सीसीटीवी कैमरों में रिकॉर्ड हो गई है। पुलिस सीसीटीवी फुटेज के आधार पर महिला और पुरुष की पहचान करने का प्रयास कर रही है। उकलाना पुलिस द्वारा शिकायत के आधार पर मामले की जांच शुरू कर दी गई है। आसपास के सीसीटीवी फुटेज भी खंगाले जा रहे हैं और आरोपियों की पहचान कर जल्द गिरफ्तारी के प्रयास किए जा रहे हैं।
केंद्रीय कौशल विकास एवं उद्यमिता राज्यमंत्री जयंत चौधरी ने बागपत जिले के बड़ौत स्थित बाबा शाहमल स्टेडियम में पौधरोपण किया। यह कार्यक्रम 'एक पेड़ मां के नाम' अभियान के तहत आयोजित किया गया, जिसमें उन्होंने पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया। इस अवसर पर जयंत चौधरी ने कहा कि जिस कार्य से लोगों की भावनाएं जुड़ जाती हैं, वह अभियान निश्चित रूप से सफल होता है। उन्होंने प्रधानमंत्री की 'लाइफस्टाइल फॉर एनवायरमेंट (LiFE)' पहल का भी जिक्र किया, जिसे आज पूरी दुनिया में सराहना मिल रही है और संयुक्त राष्ट्र ने भी इसकी प्रशंसा की है। जयंत चौधरी ने जोर देकर कहा कि 'एक पेड़ मां के नाम' केवल पौधे लगाने का कार्यक्रम नहीं है, बल्कि यह प्रकृति, परिवार और समाज को जोड़ने वाला एक जन अभियान है। उन्होंने लोगों से आह्वान किया कि पौधरोपण केवल औपचारिकता न बने, बल्कि लगाए गए पौधों के संरक्षण और उनकी देखभाल की जिम्मेदारी भी सभी मिलकर निभाएं। उन्होंने कहा कि पर्यावरण संरक्षण को जनभागीदारी और सामाजिक दायित्व से जोड़ना समय की आवश्यकता है। कार्यक्रम में जनप्रतिनिधियों, अधिकारियों, सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधियों और बड़ी संख्या में स्थानीय लोगों ने भाग लिया। सभी ने पौधरोपण कर पर्यावरण संरक्षण का संकल्प लिया। इस दौरान केंद्रीय राज्यमंत्री जयंत चौधरी से विधानसभा चुनाव में सीट बंटवारे को लेकर सवाल पूछा गया, जिस पर वह मुस्कुराकर टाल गए।
डूंगरपुर के बड़ी गांव में वात्रक तालाब में नहाने पहुंचे 4 बच्चों की डूबने से मौत हो गई। इनमें 3 सगे भाई-बहन और एक उनकी फुफेरी बहन है। वहीं, 2 बच्चों को ग्रामीणों ने बचा लिया। सभी एक ही गांव और परिवार के थे। घटना रविवार सुबह 10 बजे की है। लोगों ने 2 बच्चों को बचाया धम्बोला थाना पुलिस के अनुसार 6 बच्चे स्कूल के बाद बने तालाब में नहाते समय गहराई में चले गए थे। हादसे में बड़ी गांव के रहने वाले बाबूसिंह डामोर की बड़ी बेटी हिना (24), बेटा प्रतीक (20), छोटी बेटी इशिता (15) की मौत हो गई। बच्चों की फुफेरी बहन रौनक (20) पुत्री गौतम भाई परमार निवासी पालनपुर ने भी दम तोड़ दिया। ग्रामीणों ने राजवीर पुत्र कोहरा डामोर, जयसिंह पुत्र सुरेश डामोर को बचा लिया। दोनों घायल सीमलवाड़ा हॉस्पिटल में एडमिट हैं। खबर को अपडेट किया जा रहा है…
शिवपुरी के प्रमुख ऑटो मोबाइल कारोबारी कपिल गुप्ता साइबर ठगी का शिकार हो गए। साइबर ठगों ने उनके बैंक खातों से 2 लाख 94 हजार 202 रुपए निकाल लिए। उनकी शिकायत पर कोतवाली थाना पुलिस ने अज्ञात आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। कपिल गुप्ता वही कारोबारी हैं, जिन्होंने नवंबर माह में पंडित धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री की कथा का आयोजन कराया था और इसके बाद जिलेभर में चर्चा में आए थे। लिंक भेजकर एप डाउनलोड करने के लिए कहापुलिस को दी शिकायत में कपिल गुप्ता ने बताया कि 27 जून 2026 की रात करीब 9 बजे उनकी पत्नी शिल्पी गुप्ता ने इलाज संबंधी सलाह लेने के लिए गूगल पर एक डॉक्टर का मोबाइल नंबर खोजा। नंबर पर संपर्क करने पर सामने वाले व्यक्ति ने मोबाइल पर एक एपीके (APK) फाइल भेजी और उसे डाउनलोड करने के लिए कहा। फोन हैक कर खाते से उड़ाए 2 लाख 94 हजारजैसे ही शिल्पी गुप्ता ने फाइल डाउनलोड की, उनका मोबाइल हैक हो गया। इसके बाद साइबर ठगों ने उनके आईसीआईसीआई बैंक और बैंक ऑफ बड़ौदा के खातों तक पहुंच बना ली। ऑनलाइन ट्रांजेक्शन के जरिए कुल 2 लाख 94 हजार 202 रुपए निकाल लिए गए। खाते से रकम निकलने की जानकारी मिलने पर कपिल गुप्ता ने कोतवाली थाने में शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने अज्ञात साइबर ठगों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
मदरसा चश्म-ए-हयात रेहटी में पौधराेपण:पर्यावरण संरक्षण के लिए छात्रों ने लिया संकल्प
जौनपुर के मदरसा चश्म-ए-हयात, रेहटी में पर्यावरण संरक्षण और हरियाली को बढ़ावा देने के उद्देश्य से एक वृक्षारोपण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस अवसर पर अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी अनीता कुमारी मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहीं। अनीता कुमारी ने कार्यक्रम में पौधरोपण किया। उन्होंने उपस्थित लोगों से अधिक से अधिक पेड़ लगाने और उनकी देखभाल करने का आग्रह किया। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि पर्यावरण संरक्षण के लिए वृक्षारोपण समय की सबसे बड़ी आवश्यकता है और इसमें हर व्यक्ति की भागीदारी सुनिश्चित होनी चाहिए। मदरसा के प्रधानाचार्य गुफरान सज्जाद ने कहा कि पेड़-पौधे प्रकृति का अमूल्य उपहार हैं। उन्होंने पर्यावरण संतुलन बनाए रखने के लिए वृक्षारोपण के साथ-साथ उनकी नियमित देखभाल को भी आवश्यक बताया। प्रधानाचार्य ने जानकारी दी कि विद्यार्थियों में पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूकता बढ़ाने के लिए मदरसा परिसर में ऐसे कार्यक्रम समय-समय पर आयोजित किए जाते रहेंगे। इस कार्यक्रम में मदरसा प्रबंधन, शिक्षकगण, छात्र-छात्राओं और स्थानीय लोगों ने उत्साहपूर्वक पौधरोपण किया। सभी प्रतिभागियों ने लगाए गए पौधों की सुरक्षा और देखभाल का संकल्प लिया। इसी अवसर पर छात्र-छात्राओं के बीच वृक्षारोपण पर आधारित एक कला प्रतियोगिता का भी आयोजन किया गया। छात्रों ने इसमें बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया और वृक्षारोपण से संबंधित कलाकृतियां बनाईं। मुख्य अतिथि अनीता कुमारी ने बच्चों की कलाकृतियों की सराहना की और उन्हें वास्तविक जीवन में भी धरती को हरा-भरा बनाए रखने के लिए हर संभव प्रयास करने हेतु प्रेरित किया। इस मौके पर सभी शिक्षक-शिक्षिकाएं उपस्थित थे।
यूपी के बांदा में दामाद ने सास की कुल्हाड़ी से काटकर हत्या कर दी। शनिवार रात करीब 10 बजे युवक ने अपने दो साथियों के साथ मिलकर महिला पर कुल्हाड़ी से ताबड़तोड़ कई वार किये। महिला की मौके पर ही मौत हो गई। पुलिस जांच में सामने आया कि मृतका की बेटी ने करीब एक साल पहले गांव के ही एक युवक से लव मैरिज की थी। मृतक महिला इस शादी के खिलाफ थी। वो लगातार इसका विरोध कर रही थी। इसी बात से नाराज होकर आरोपी दामाद ने अपने दो दोस्तों के साथ मिलकर उसकी हत्या कर दी। घटना के वक्त मृतका की बेटी भी मौके पर मौजूद थी। आरोपियों ने उसे भी जान से मारने की कोशिश की। उसके सास की हत्या के बाद आरोपी ने अपनी पत्नी को कुल्हाड़ी लेकर दौड़ाया। उसने किसी तरह भागकर अपनी जान बचाई और पुलिस को सूचना दी। वारदात से पूरे गांव में सनसनी फैल गई है। सूचना मिलते ही पुलिस बल तुरंत मौके पर पहुंचा और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पुलिस क्षेत्राधिकारी ने बताया कि पीड़िता की तहरीर पर मुख्य आरोपी पति और उसके दोनों दोस्तों के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए तीनों अभियुक्तों को गिरफ्तार कर लिया है और आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है। मामला बिसंडा थाना क्षेत्र के कोर्रही गांव का बताया जा रहा है। 3 तस्वीरें देखिए- मामला विस्तार से पढ़िए - बेटी ने एक साल पहले की थी लव मैरिज मृतका की पहचान बानो खातून(45) पत्नी राजू खान के रूप में हुई है। बानो खातून की बेटी आलिया खातून ने करीब एक साल पहले गांव के ही रहने वाले लवकुश(24) पुत्र लक्ष्मी वर्मा से प्रेम विवाह किया था। बानो खातून इस शादी के सख्त खिलाफ थीं और लगातार इसका विरोध कर रही थीं। सास के विरोध से दामाद लवकुश नाराज था। शनिवार की रात लवकुश अपने दो साथियों—सत्तू और छोटेलाल (पुत्र जगदेव)—के साथ बानो खातून के घर पहुंचा। वहां दोनों पक्षों में कहासुनी हुई और देखते ही देखते लवकुश और उसके दोस्तों ने बानो खातून पर कुल्हाड़ी और धारदार हथियारों से ताबड़तोड़ हमला कर दिया। खून से लथपथ बानो खातून सड़क पर ही गिर गई। मौके पर उसने दम तोड़ दिया। बेटी ने भागकर बचाई जान वारदात के समय बानो खातून की बेटी और आरोपी की पत्नी आलिया खातून भी वहीं मौजूद थी। अपनी मां को लहूलुहान देख आलिया ने शोर मचाना और चीखना-चिल्लाना शुरू कर दिया। इस पर आरोपियों ने आलिया को भी जान से मारने की कोशिश की, लेकिन उसने किसी तरह मौके से भागकर अपनी जान बचाई और सीधे पुलिस को सूचना दी। मृतका बानो की बेटी गुल अफरोज उर्फ आलिया ने आरोप लगाया है कि मोहल्ले के कुछ लोगों ने जमीन कब्जाने के विवाद में उसकी मां की धारदार हथियार से हत्या कर दी। आलिया का कहना है कि वह कई महीनों से पुलिस से शिकायत कर रही थी, लेकिन कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं हुई। उसने यह भी आरोप लगाया कि घटना वाले दिन भी पुलिस ने सुरक्षा नहीं दी, जिसके कारण यह वारदात हुई। पढ़िए बेटी ने क्या कहा- लड़की ने बताया कि 'कल रात उसके ही मोहल्ले के तीन लोगों—लवकुश वर्मा, सत्तू वर्मा और छोटू वर्मा ने मिलकर उसकी मां (बानो) की कुल्हाड़ी से गला काटकर हत्या कर दी। उसने आरोप लगाया कि घटना के समय वहां 112 नंबर पुलिस की गाड़ी भी मौजूद थी, लेकिन वे सब देखकर वहां से भाग गए।' पूछताछ में बेटी ने बताया कि यह पूरा मामला जमीन कब्जे को लेकर था। वे लोग उनकी पैतृक (दादा के नाम की) जमीन पर कब्जा करना चाहते थे। इस विवाद के चलते लड़की ने फरवरी महीने से कई बार बिसंडा थाने, दरोगा साहब और बांदा तक में गुहार लगाई, लेकिन पुलिस ने कोई कार्रवाई नहीं की और न ही आरोपियों को गिरफ्तार किया। लड़की ने यह भी बताया कि कुछ समय पहले पुलिस ने उसे घर भेजा था। जब वह घर पहुंची तो देखा कि उसके घर से सारा जेवर, 30 हजार रुपये नकद और भाई की शादी के लिए रखा गया फ्रिज चोरी हो चुका था। आरोपी फोन कर-करके उन्हें जान से मारने की धमकी दे रहे थे। जब उसने इसकी शिकायत दरोगा और मुंशी से की, तो उन्होंने कोई मदद करने के बजाय लापरवाही भरा रवैया अपनाया और कहा कि जाओ, मार थोड़ी न डालेगा और धमकी आने पर नंबर ब्लॉक करने की सलाह दी। 6 दिन पहले भी आरोपियों ने उनके घर में घुसकर कुल्हाड़ी से हमला किया था, जिससे लड़की और उसकी मां दोनों को चोटें आई थीं। पुलिस अधीक्षक ने बताया - लव मैरिज से नाराज थी बानो पुलिस अधीक्षक पलाश बंसल ने इस मामले में अलग जानकारी दी है। उनके अनुसार, आरोपी युवक अनुसूचित जाति (SC) समुदाय से है, जबकि युवती मुस्लिम समुदाय की है। दोनों ने करीब एक वर्ष पहले प्रेम प्रसंग के बाद विवाह कर लिया था और गांव में ही साथ रह रहे थे। पुलिस के मुताबिक, मृतका बानो इस विवाह के पक्ष में नहीं थीं। इसी बात को लेकर दोनों परिवारों के बीच कई बार गांव स्तर पर और थाने में पंचायत भी कराई गई थी। पुलिस ने तीनों आरोपियों को गिरफ्तार किया बेटी आलिया की सूचना पर पुलिस बल तुरंत मौके पर पहुंचा। देर रात ही शव को पंचनामा भरकर पोस्टमार्टम के लिए बांदा मेडिकल कॉलेज भेज दिया गया। सीओ सौरभ सिंह ने बताया - यह मामला पूरी तरह से प्रेम विवाह के विरोध से जुड़ा है। मृतका इस शादी से खुश नहीं थीं, जिसके कारण आरोपी दामाद लवकुश ने इस वारदात को अंजाम दिया। मृतका की बेटी आलिया खातून की तहरीर (शिकायत) के आधार पर बिसंडा थाने में पति लवकुश, सत्तू और छोटेलाल के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। पुलिस ने मुस्तैदी दिखाते हुए तीनों अभियुक्तों को गिरफ्तार कर लिया है और आगे की विधिक कार्रवाई की जा रही है। फिलहाल पुलिस मामले के हर पहलू की बारीकी से जांच कर रही है ताकि आरोपियों को सख्त से सख्त सजा दिलाई जा सके। ----------- पत्नी की नाक काटी, मायके जाने पर अड़ी थी:बेटी को तड़पता देख मां भड़की, दामाद की बहन की नाक दांतों से काटकर बदला लिया यूपी के लखीमपुर खीरी में पति ने दांतों से पत्नी की नाक काट दी। पत्नी मायके जाने की जिद पर अड़ी थी। इसी बात को लेकर दोनों में पहले बहस हुई, फिर झड़प हो गई। नाक कटने से गुस्साई पत्नी ने मायके फोन कर दिया। उसकी मां ससुराल पहुंची तो बेटी की कटी नाक देखकर भड़क गई। बदला लेने के लिए उसकी 18 साल की ननद की नाक काट दी। पूरी खबर पढ़िए...
मऊ जनपद में वृक्षारोपण महायज्ञ-2026 के तहत एक पेड़ मां के नाम अभियान का रविवार को व्यापक स्तर पर आयोजन किया गया। इस दौरान पुलिस लाइन और दीवानी न्यायालय परिसर सहित विभिन्न सरकारी परिसरों में बड़े पैमाने पर पौधरोपण किया गया। जिलाधिकारी आनंद वर्द्धन ने पुलिस लाइन में पौधा लगाकर अभियान की शुरुआत की। पुलिस लाइन परिसर में सुबह 10 बजे जिलाधिकारी आनंद वर्द्धन ने पौधरोपण कर इस महाअभियान का शुभारंभ किया। इस अवसर पर पुलिस अधीक्षक, अपर पुलिस अधीक्षक, अपर जिलाधिकारी समेत अन्य अधिकारी और कर्मचारियों ने भी पौधे लगाए और अभियान में अपनी सहभागिता सुनिश्चित की। पौधरोपण के बाद जिलाधिकारी ने कहा कि वृक्ष प्रकृति के अमूल्य उपहार हैं। उन्होंने स्वच्छ और स्वस्थ पर्यावरण के लिए प्रत्येक व्यक्ति से अधिक से अधिक पौधे लगाने और उनके संरक्षण का संकल्प लेने का आह्वान किया। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि एक पेड़ मां के नाम अभियान केवल पौधरोपण तक सीमित नहीं है, बल्कि यह मातृशक्ति के सम्मान और भावी पीढ़ियों के लिए हरित एवं सुरक्षित पर्यावरण सुनिश्चित करने का एक जनआंदोलन है। जिलाधिकारी ने जनपदवासियों से अपील की कि प्रत्येक नागरिक अपनी मां के नाम पर कम से कम एक पौधा अवश्य लगाए। उन्होंने पौधों की नियमित देखभाल करते हुए उन्हें वृक्ष बनने तक संरक्षित रखने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि सामूहिक सहभागिता से ही जनपद को हराभरा और पर्यावरणीय रूप से समृद्ध बनाया जा सकता है। इसी क्रम में, इलाहाबाद उच्च न्यायालय के निर्देशों का पालन करते हुए दीवानी न्यायालय, मऊ परिसर में भी वृक्षारोपण महाअभियान-2026 और एक पेड़ मां के नाम अभियान के तहत एक वृहद वृक्षारोपण कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस कार्यक्रम में न्यायिक अधिकारियों, अधिवक्ताओं और कर्मचारियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया और विभिन्न प्रजातियों के पौधे लगाए। सभी उपस्थित लोगों ने पर्यावरण संरक्षण, हरित आवरण बढ़ाने तथा लगाए गए पौधों के संरक्षण एवं संवर्धन का संकल्प लिया। न्यायिक अधिकारियों ने कहा कि वृक्षारोपण केवल एक अभियान नहीं, बल्कि भावी पीढ़ियों को स्वच्छ एवं स्वस्थ पर्यावरण उपलब्ध कराने का सामूहिक दायित्व है। कार्यक्रम का समापन पर्यावरण संरक्षण के प्रति सामूहिक संकल्प के साथ हुआ, जिसमें सभी नागरिकों से अधिकाधिक वृक्ष लगाने और उनके संरक्षण में सक्रिय योगदान देने का आह्वान किया गया।
कांवड़ यात्रा को लेकर पुलिस, प्रशासन ने गाइडलाइन जारी कर दी है। इस गाइडलाइन के अनुसार डाक कांवड़ की ऊंचाई 12 फिट से ज्यादा नहीं होना चाहिए। साथ ही डीजे की आवाज भी 75 डेसिबल से अधिक हुई तो उस पर एक्शन लिया जाएगा। लगातार पुलिस, प्रशासनिक अफसर कांवड़ यात्रा की तैयारियों में लगे हैं। शनिवार को भी अधिकारियों ने बागपत के पुरामहादेव मंदिर में जलाभिषेक किया और कांवड़ यात्रा की तैयारियों का जायजा लिया था। रविवार को भी अफसर फील्ड पर तैयारियों को देखने निकले हैं। ड्रोन, सीसीटीवी कैमरे से होगी निगरानी कांवड़ यात्रा को लेकर पुलिस प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं। एडीजी भानु भास्कर, डीआईजी कलानिधि नैथानी, एसएसपी अविनाश पांडेय ने पुलिस लाइन स्थित कंट्रोल रूम का निरीक्षण किया। उन्होंने पुलिसकर्मियों को कैमरे पर निगरानी बनाए रखने के निर्देश दिए। इसके अलावा कांवड़ यात्रा मार्ग की निगरानी के लिए ड्रोन और सीसीटीवी कैमरों का व्यापक उपयोग करने को कहा। भारी व हल्के वाहनों के लिए समय रहते रूट डायवर्जन प्लान लागू कर उसका प्रचार-प्रसार किया जाए, ताकि लोगों को किसी प्रकार की कोई दिक्कत न हो। इसके बाद एडीजी ने हापुड़ में भी डीआईजी के साथ जाकर वहां के कंट्रोल रूम का निरीक्षण किया। अफवाह फैलाने वालों पर होगा एक्शन पुलिस की टीमें लगातार सोशल मीडिया पर भी निगरानी कर रही हैं। असामाजिक व शरारती तत्वों पर कड़ी नजर रखते हुए सख्त कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए। अफवाह फैलाने वालों के खिलाफ भी कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं। बैठक में एसएसपी अविनाश पांडेय, एसपी सिटी विनायक गोपाल भोसले, एसपी देहात अभिजीत कुमार, सभी सर्किल के सीओ के साथ अग्निशमन विभाग की टीम शामिल हुई। रूटडायवर्जन को लेकर निर्देश जारीएडीजी ने कांवड़ मार्ग पर शिविरों व ढाबों पर स्वच्छता सुनिश्चित कराने, ड्रोन और सीसीटीवी कैमरों का व्यापक उपयोग करने, तेज आवाज में डीजे और बड़ी कांवड़ नियमानुसार ले जाने निर्देश दिए। एसपी यातायात राजेश श्रीवास्तव को एडीजी ने रूट डायवर्जन प्लान तैयार करने के निर्देश दिए हैं। पिछली बार जो खामियां थीं, वह इस बार न हों और लोग जाम में न फंसें। इसको लेकर भी दिशा-निर्देश दिए गए हैं। बिजली विभाग की टीम को खंभों पर पन्नी चढ़ाने के निर्देश भी दिए हैं ताकि कोई हादसा न हो। कांवड़ की ऊंचाई 12 फीट निर्धारितकांवड़ यात्रा के दौरान उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड प्रशासन ने सुरक्षा और ध्वनि नियंत्रण के लिए सख्त दिशा-निर्देश लागू किए हैं। बैठक में एडीजी भानु भास्कर ने बताया कि डाक कांवड़ और डीजे वाहनों की अधिकतम ऊंचाई 10 से 12 फीट तय की गई है, और ध्वनि की सीमा 75 डेसिबल निर्धारित है। इसका पालन नहीं करने पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।
आगरा में शनिवार की दोपहर 12:30 बजे एक बुजुर्ग का शव उसके घर के बाहर पड़ा मिला। परिजनों ने पड़ोस में रहने वाले गैस का काम करने वाले व्यक्ति पर हत्या का आरोप लगाया है। परिजनों ने आरोपी का घर घेर लिया है। सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंच गई है। आक्रोशित लोगों को समझाने का प्रयास किया जा रहा है। मामला थाना ट्रांस यमुना क्षेत्र के भगवती बाग का है। 3 तस्वीर देखिए… पड़ोसी को हवाले करने की मांग को लेकर हंगामा बताया गया है कि भगवती बाग निवासी दिनेश शर्मा का शव रविवार सुबह घर के बाहर पड़ा मिला। परिजनों ने पड़ोस में रहने वाले कुल्ली अग्रवाल पर हत्या का आरोप लगाया। उनका आरोप है कि कुल्ली कमेटी डालता है। इसको लेकर ही दिनेश और कुल्ली का विवाद हुआ था। कुल्ली ने ही हत्या की है। मृतक के परिजनों ने आरोपी के घर को घेर लिया है। सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंच गई है। शव को पोस्टमार्टम के लिए एंबुलेंस में रखवाया गया। मगर, परिजनों ने एंबुलेंस को जाने नहीं दिया। उनकी मांग हे कि आरोपी को उनके हवाले किया जाए। पुलिस लोगों को समझाने का प्रयास कर रही है। परिजन शव को घर के सामने रखने पर अडे़ मृतक के परिजन शव को एंबुलेंस से निकालकर आरोपी के घर के बाहर रखने पर अडे़ हैं। मृतक की पत्नी और बेटी आरोपी के घर के बाहर हंगामा करते करते बेहोश हो गई। उनकी मांग है कि आरोपी को उनके हवाले किया जाए। उनकी पुलिस से भी तकरार और खींचतान हुई है। पुलिस उन्हें घर में जाने से रोक रही है।
साइबर अपराध पर शिकंजा कसते हुए प्रयागराज पुलिस ने म्यूल बैंक खातों (ऐसे बैंक खाते जिनका इस्तेमाल साइबर ठग अवैध रकम के लेनदेन के लिए करते हैं) के खिलाफ बड़ा अभियान शुरू किया है। गृह मंत्रालय के एनसीआरपी, समन्वय, प्रतिबिंब और अन्य डिजिटल इंटेलिजेंस पोर्टलों से मिली जानकारी के आधार पर खुल्दाबाद, पूरामुफ्ती और कर्नलगंज थानों में सात लोगों पर अलग-अलग एफआईआर दर्ज की गई हैं। जांच में सामने आया कि इन खातों के जरिए देश के कई राज्यों में हुई साइबर ठगी की रकम का लेनदेन किया गया।खुल्दाबाद: एक खाते पर तीन राज्यों से शिकायतखुल्दाबाद के अटाला निवासी मोहम्मद अल्तमश के एचडीएफसी बैंक खाते की जांच में उत्तर प्रदेश, दिल्ली और पश्चिम बंगाल से साइबर धोखाधड़ी की शिकायतें मिलीं। इन शिकायतों में कुल करीब 75 हजार रुपये की ठगी का उल्लेख है। पुलिस का आरोप है कि आरोपी के खाते का इस्तेमाल साइबर ठगी की रकम को ट्रांसफर करने में किया गया। इसके आधार पर मुकदमा दर्ज कर लिया गया है।पूरामुफ्ती: सबसे बड़ा नेटवर्क सामने आयापूरामुफ्ती थाना क्षेत्र में जांच के दौरान मोहम्मद राशिद, मोहम्मद कैफ और मोहम्मद सैफ के नाम पर संचालित कई बैंक खातों पर देशभर से बड़ी संख्या में साइबर अपराध की शिकायतें मिलीं।जांच में सामने आया कि मोहम्मद राशिद के विभिन्न बैंकों में संचालित खातों पर करीब 46 शिकायतें दर्ज हैं।मोहम्मद कैफ के अलग-अलग बैंक खातों पर 9 शिकायतें मिलीं।मोहम्मद सैफ के खातों पर 3 शिकायतें सामने आईं।इन खातों में इंडसइंड बैंक, इंडियन ओवरसीज बैंक, एक्सिस बैंक, बैंक ऑफ बड़ौदा, स्टेट बैंक, पंजाब नेशनल बैंक, यूको बैंक, केनरा बैंक, उत्कर्ष स्मॉल फाइनेंस बैंक और पेटीएम पेमेंट्स बैंक समेत कई बैंकों के खाते शामिल हैं। शिकायतें उत्तर प्रदेश सहित विभिन्न राज्यों से दर्ज पाई गईं।पुलिस का कहना है कि प्रथम दृष्टया इन खातों का इस्तेमाल साइबर ठगी की रकम को इधर-उधर भेजने के लिए किया गया, इसलिए तीनों आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है।कर्नलगंज: दो राज्यों से मिली शिकायतकर्नलगंज थाना क्षेत्र के न्यू मम्फोर्डगंज निवासी अरशद के इंडियन बैंक खाते के खिलाफ उत्तर प्रदेश के बुलंदशहर और तमिलनाडु से साइबर धोखाधड़ी की दो शिकायतें मिलीं। जांच के बाद पुलिस ने उसके खिलाफ भी एफआईआर दर्ज कर ली।ऐसे पकड़ में आए म्यूल खातेपुलिस अधिकारियों के अनुसार साइबर अपराध की रोकथाम के लिए चलाए जा रहे अभियान के तहत गृह मंत्रालय के एनसीआरपी, समन्वय और प्रतिबिंब पोर्टलों पर संदिग्ध बैंक खातों की लगातार निगरानी की जा रही है। जिन खातों पर अलग-अलग राज्यों से साइबर ठगी की शिकायतें मिलीं, उनकी डिजिटल जांच कर संबंधित थानों में मुकदमे दर्ज कराए गए।क्या होता है म्यूल बैंक खाता?म्यूल बैंक खाता वह खाता होता है जिसका इस्तेमाल साइबर ठग ठगी की रकम को एक खाते से दूसरे खाते में भेजने या निकालने के लिए करते हैं। कई मामलों में खाताधारक कमीशन लेकर अपना खाता उपलब्ध कराते हैं, जबकि कुछ मामलों में लोगों के खाते धोखे से भी इस्तेमाल कर लिए जाते हैं। ऐसे खातों के जरिए ठगी की रकम का स्रोत छिपाने की कोशिश की जाती है।पुलिस अफसरों का कहना है कि सभी मामलों में बैंक खातों के लेनदेन की विस्तृत जांच की जा रही है। जांच के आधार पर आगे अन्य आरोपियों के खिलाफ भी कार्रवाई की जाएगी।
उत्तर प्रदेश सरकार ने रविवार को 'वृक्षारोपण महाअभियान-2026' का आयोजन किया। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में 'एक पेड़ मां के नाम' थीम पर पूरे प्रदेश में 35 करोड़ पौधे लगाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। यह अभियान पर्यावरण संरक्षण, हरित आवरण में वृद्धि और जलवायु संतुलन की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है। इसी क्रम में, प्रदेश सरकार के हरित प्रदेश-स्वच्छ प्रदेश संकल्प को साकार करने के लिए सुल्तानपुर में भी अभियान का शुभारंभ किया गया। अपर पुलिस अधीक्षक वृजनारायण सिंह ने पुलिस लाइन परिसर में दोपहर 11 बजे पौधारोपण कर इस महाअभियान की शुरुआत की। इस अवसर पर अपर पुलिस अधीक्षक और उपस्थित अधिकारियों ने विभिन्न प्रजातियों के छायादार, फलदार और पर्यावरण की दृष्टि से उपयोगी पौधों का रोपण किया। सभी पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों को अधिक से अधिक वृक्षारोपण करने तथा लगाए गए प्रत्येक पौधे के संरक्षण और नियमित देखभाल का संकल्प दिलाया गया। 'एक पेड़ मां के नाम' अभियान के माध्यम से मातृ सम्मान के साथ प्रकृति संरक्षण का संदेश भी दिया गया। इसका उद्देश्य जनभागीदारी को बढ़ावा देना और हरित भविष्य की नींव रखना है। महाअभियान के अंतर्गत सुल्तानपुर पुलिस द्वारा जनपद के समस्त पुलिस सर्किलों, थाना एवं चौकी परिसरों, पुलिस कार्यालयों, शाखाओं, पुलिस लाइन तथा पुलिस आवासीय परिसरों में भी पौधों का रोपण किया गया। इस अभियान के माध्यम से पर्यावरण संरक्षण, हरित आवरण में वृद्धि, भू-जल संरक्षण तथा स्वच्छ, हरित एवं स्वस्थ वातावरण के निर्माण में प्रभावी योगदान सुनिश्चित किया जा रहा है। सुल्तानपुर पुलिस ने जनपदवासियों से अपील की है कि वे 'एक पेड़ मां के नाम' अभियान से जुड़कर अधिकाधिक वृक्षारोपण करें। साथ ही, लगाए गए पौधों के संरक्षण का संकल्प लें, जिससे आने वाली पीढ़ियों के लिए स्वच्छ, हरित एवं सुरक्षित पर्यावरण सुनिश्चित किया जा सके।
बालाघाट के रामपायली थाना क्षेत्र में ग्राम पुनी-बटरमारा पुलिया के बीच बोलेरो पिकअप वाहन अनियंत्रित होकर पलट गया। हादसे में 20 से 25 खेतीहर मजदूर घायल हो गए। घायलों में 7 से 8 की हालत गंभीर है, जिनमें अधिकतर महिलाएं शामिल हैं। हादसे के बाद करीब 18 मजदूरों को बालाघाट जिला अस्पताल लाया गया है। घटना तकरीबन सुबह 9 से 10 बजे के बीच की है। घटना की जानकारी मिलने के बाद रामपायली पुलिस मौके पर पहुंची। घायलों को अस्पताल भिजवाया। हादसे के बाद की तस्वीरें… मजदूरी के लिए ले जा रहे थे बताया जाता है कि वर्तमान में चल रहे खेती के कार्य के चलते मजदूरों को वाहन में भरकर लाया जा रहा था। इस तरह के ओवरलोडिंग पर परिवहन और यातायात विभाग की कथित लापरवाही पर सवाल उठ रहे हैं। खेती में बुवाई और कटाई के दौरान मजदूरों को गांवों से इसी तरह भरकर लाया जाता है। गांवों में मजदूरों के पलायन के कारण किसानों को स्थानीय स्तर पर मजदूर उपलब्ध नहीं हो पाते, जिसके चलते उन्हें दूर-दराज से मजदूरों को लाना पड़ता है।
गाजियाबाद के राजनगर एक्सटेंशन स्थित अजनारा इंटीग्रिटी सोसायटी में रविवार सुबह करीब 8 बजे एक 28 साल के युवक का शव मिला। वह शनिवार रात अपने दोस्त के फ्लैट में पार्टी में शामिल होने आया था। सुबह टहलने निकले लोगों ने युवक की लाश को परिसर में देखा और पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने उसकी पहचान जेब में मिले आधार कार्ड से की। पता चला कि उसका नाम विक्टर उर्फ मिक्की (28) है। उसके बाद परिजनों को जानकारी दी। फिर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। पुलिस ने फ्लैट में मौजूद दोस्तों से पूछताछ की है। फोरेंसिक टीम ने भी मौके से साक्ष्य जुटाए हैं और सीसीटीवी फुटेज की जांच की जा रही है। शुरुआती जांच में आशंका है कि युवक बालकनी से गिरा हो, लेकिन मौत का सही कारण पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट होगा।
जालोर में तिलक द्वार के अंदर रामदेवजी मंदिर रोड पर एक भूखंड पर अतिक्रमण का मामला सामने आया है। तपावास निवासी महावीर जैन ने जालोर एसपी को परिवाद सौंपकर आरोप लगाया कि कुछ लोग उनकी भूमि में दीवार का निर्माण कर कब्जा करने का प्रयास कर रहे हैं। तीन लोगों पर लगाया अतिक्रमण का आरोप महावीर जैन ने परिवाद में बताया- संबंधित भूमि उनके पिता स्व. कालीदास जैन के नाम की पट्टासूदा संपत्ति है। जिसका पट्टा मारवाड़ा गवर्नमेंट ऑर्डिनेंस-1921 के तहत जारी हुआ था। महावीर जैन का आरोप है कि पड़ोसी तुराब खान, मेहबूब खान और शेरू खान पुत्र मिसरू खान, निवासी जालोर, बिना किसी वैधानिक अधिकार के उनकी भूमि में प्रवेश कर नींव खोद रहे हैं। दीवार का निर्माण कर कब्जा करने का प्रयास कर रहे हैं। नगर पषिद से ली हुई है अनुमति प्रार्थी ने बताया- उन्होंने अपने भूखंड पर निर्माण के लिए नगर परिषद जालोर से विधिवत निर्माण अनुमति ली हुई है। उनका आरोप है कि मामले की शिकायत लेकर पुलिस थाने पहुंचे, लेकिन वहां कोई कार्रवाई नहीं हुई। महावीर जैन ने जालोर एसपी से मिल कर आरोपियों के खिलाफ अवैध अतिक्रमण, अनाधिकृत प्रवेश और कब्जे के प्रयास का मामला दर्ज कर कानूनी कार्रवाई करने और उनकी भूमि पर हो रहे कथित अतिक्रमण को तत्काल रुकवाने की मांग की है।
कोरबा में हाल ही में हुई मारपीट और गुंडागर्दी की घटनाओं के बाद कोरबा पुलिस ने सख्ती बढ़ा दी है। शनिवार (11 जुलाई) देर रात अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक, सीएसपी और दोनों थाना प्रभारियों के नेतृत्व में 25 से 30 पुलिसकर्मियों ने संवेदनशील इलाकों में बाइक पेट्रोलिंग कर बदमाशों और उपद्रवियों को कड़ा संदेश दिया। दो दिन पहले 15 ब्लॉक और पंप हाउस कॉलोनी में दो गुटों के बीच हुई मारपीट के बाद इलाके में तनाव की स्थिति बन गई थी। इसके बाद पुलिस ने संवेदनशील क्षेत्रों में निगरानी बढ़ाते हुए शनिवार रात विशेष अभियान चलाया। गलियों में बाइक से की गश्त सीएसपी प्रतीक चतुर्वेदी, कोतवाली और सिविल लाइन थाना प्रभारी अपनी टीम के साथ पंप हाउस, 15 ब्लॉक, तुलसी नगर और डीडीएम रोड सहित कई इलाकों में बाइक से गश्त करते नजर आए। पुलिस उन संकरी गलियों तक भी पहुंची, जहां चार पहिया वाहन नहीं जा सकते। उपद्रवियों के घर पहुंची पुलिस पुलिस ने मारपीट और उपद्रव में शामिल युवकों की पहचान कर उनके घरों पर पहुंचकर परिजनों से बातचीत की। उन्हें चेतावनी दी गई कि दोबारा ऐसी गतिविधियों में शामिल होने पर सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। साथ ही परिवारों से युवाओं पर नजर रखने की अपील भी की गई। शराब पीने और हुड़दंग करने वालों पर कार्रवाई अभियान के दौरान देर रात सार्वजनिक स्थानों पर शराब पी रहे युवकों और बेवजह बाइक से घूमकर हुड़दंग मचा रहे लोगों पर कार्रवाई की गई। पुलिस ने कई युवकों को रोककर समझाइश दी, जबकि कुछ से उठक-बैठक भी कराई गई। पुलिस बोली- लगातार जारी रहेगा अभियान कोरबा सीएसपी प्रतीक चतुर्वेदी ने कहा कि अपराध नियंत्रण और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए संवेदनशील क्षेत्रों में लगातार पेट्रोलिंग की जा रही है। उन्होंने बताया कि जिन इलाकों से गुंडागर्दी की शिकायतें मिल रही हैं, वहां विशेष रूप से बाइक पेट्रोलिंग कर पुलिस की मौजूदगी बढ़ाई जा रही है।
उमरिया जिले के प्रमुख पर्यटन स्थल झोझाफाल पहुंच मार्ग के सड़क निर्माण में लापरवाही सामने आई है। सड़क को पुलिया से करीब तीन फीट ऊंचा बना दिया गया है, जिससे पैदल यात्रियों और दोपहिया वाहन चालकों को आवागमन में दिक्कत हो रही है। वहीं कार समेत चारपहिया वाहन भी पुलिया से सड़क पर आसानी से नहीं चढ़ पा रहे हैं। निर्माण की गुणवत्ता को लेकर स्थानीय लोगों और पर्यटकों ने सवाल उठाए हैं। पुलिया और सड़क का स्तर अलग मुख्य मार्ग से झोझाफाल जाने वाली सड़क पर पुलिया और सड़क का स्तर एक समान नहीं है। पुलिया नीचे और सड़क काफी ऊंची होने के कारण लोगों को रोजाना परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। इसके अलावा सड़क किनारे साइड सोल्डर भी नहीं भरे गए हैं, जिससे किनारों पर कटाव शुरू हो गया है और दुर्घटना का खतरा बढ़ गया है। बारिश में बढ़ता है पर्यटकों का आवागमन झोझाफाल जिले का प्रमुख पर्यटन स्थल है, जहां बारिश के मौसम में मछड़ार नदी का पानी पहाड़ों से झरने के रूप में गिरता है। इसे देखने के लिए जिले के साथ-साथ आसपास के क्षेत्रों से भी बड़ी संख्या में पर्यटक पहुंचते हैं। ऐसे महत्वपूर्ण मार्ग पर निर्माण कार्य की गुणवत्ता पर सवाल खड़े हो रहे हैं। जानकारी के अनुसार, सड़क का निर्माण ग्राम पंचायत मड़वा द्वारा कराया गया है। पर्यटक ने जताई नाराजगी, जांच के निर्देश झोझाफाल पहुंचे पर्यटक राहुल ने बताया कि पुलिया और सड़क का स्तर मेल नहीं खाता। पुलिया नीचे होने और सड़क अधिक ऊंची होने के कारण लोगों को आवागमन में परेशानी हो रही है। इस मामले में मुख्य कार्यपालन अधिकारी ऋषभ शुक्ला ने कहा कि पूरे प्रकरण की जांच कराई जाएगी। जांच रिपोर्ट के आधार पर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।
हिसार जिले के थाना अग्रोहा के अंतर्गत आने वाले एक गांव में एक 8 वर्षीय मासूम छात्र को बर्गर खिलाने का झांसा देकर एक युवक ने उसके साथ कुकर्म किया। पीड़ित छात्र की मां की शिकायत पर अग्रोहा थाना पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए आरोपी के खिलाफ पोक्सो एक्ट सहित भारतीय न्याय संहिता (BNS) की विभिन्न गंभीर धाराओं के तहत मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस मामले की जांच कर रही है। पुलिस को दी गई शिकायत में पीड़ित बच्चे की मां ने बताया कि उसका 8 वर्षीय बेटा चौथी कक्षा का छात्र है। बीते दिनों गांव का ही सचिन (18) नामक युवक उसके बेटे को बहला-फुसलाकर और बर्गर खिलाने के बहाने अपने साथ ले गया। इसके बाद आरोपी ने मासूम के साथ कुकर्म इस घिनौनी वारदात को अंजाम दिया। किसी को बताने पर दी जान से मारने की धमकी वारदात के बाद आरोपी ने मासूम बच्चे को डराया-धमकाया और कहा कि अगर उसने इस बारे में किसी को भी बताया तो वह उसे जान से मार डालेगा। डरा-सहमा मासूम जब शाम को अपने घर लौटा, तो उसकी हालत देखकर मां को शक हुआ। मां के ढांढस बंधाने पर बच्चे ने रोते हुए अपने साथ हुई पूरी आपबीती सुनाई। इसके तुरंत बाद परिजन मासूम को लेकर थाने पहुंचे और पुलिस को शिकायत दी। आरोपी के खिलाफ केस दर्ज अग्रोहा पुलिस ने शिकायत के आधार पर त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 137, 351(3) और पॉक्सो (POCSO) अधिनियम की धारा 6 के तहत मामला दर्ज किया है।
उज्जैन के देसाई नगर क्षेत्र में शनिवार देर रात पति-पत्नी का विवाद हिंसक हो गया। मारपीट में दोनों पक्षों के लोग घायल हो गए। सभी को इलाज के लिए चरक भवन में भर्ती कराया गया है। दोनों पक्षों ने एक-दूसरे पर गंभीर आरोप लगाए हैं। पुलिस मामले की जांच कर रही है। घायल भरत जाटवा ने बताया कि वह अशोक नगर से अपने बच्चों से मिलने पत्नी के घर पहुंचा था। इसी दौरान पत्नी के परिजनों से विवाद हो गया। भरत का आरोप है कि पत्नी के भाई ने चाकू से हमला किया और मारपीट की, जिससे वह घायल हो गया। पत्नी ने आरोपों को बताया गलत पत्नी रानी जाटवा ने पति के आरोपों को गलत बताया। उसका कहना है कि पति देर रात घर आया और विवाद के दौरान उसके साथ मारपीट की। उसने आरोप लगाया कि पति ने बच्चों के साथ भी अभद्रता की और बीच-बचाव करने आए उसके माता-पिता व भाई के साथ भी मारपीट की। खुद को घायल कर फंसाने का आरोप रानी का दावा है कि पति ने खुद अपने पैर में चाकू मारकर उसके भाई को झूठे मामले में फंसाने की कोशिश की। उसने यह भी आरोप लगाया कि पति लंबे समय से घरेलू हिंसा करता है और परिवार का खर्च भी नहीं उठाता। 2021 में हुई थी लव मैरिज रानी ने बताया कि दोनों ने वर्ष 2021 में प्रेम विवाह किया था। शादी के बाद से पति मानसिक और शारीरिक प्रताड़ना करता रहा। साथ ही बच्चों और परिवार की जिम्मेदारी भी नहीं निभा रहा है। घटना के बाद दोनों पक्षों को चरक भवन में भर्ती कराया गया। पुलिस ने दोनों के बयान दर्ज कर लिए हैं। अधिकारियों का कहना है कि जांच के बाद तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
खेलते समय कुएं में गिरा छह वर्षीय मासूम, मौत:बैतूल में बिना मुंडेर वाले कुएं में फिसला था पैर
बैतूल जिले के चिचोली थाना क्षेत्र के ग्राम कामठामाल में एक छह वर्षीय बच्चे की कुएं में गिरने से मौत हो गई। बच्चे ने शनिवार शाम कुएं में गिरने के बाद रविवार तड़के जिला अस्पताल में इलाज के दौरान दम तोड़ दिया। पुलिस के अनुसार, ग्राम कामठामाल निवासी आशीष पिता बुधराम (6) शनिवार शाम अपने खेत पर अन्य बच्चों के साथ खेल रहा था। खेत के पास एक बिना मुंडेर वाला कुआं था। खेलते समय आशीष का पैर फिसल गया और वह कुएं में गिर गया। घटना के समय परिजन पास के खेत में काम कर रहे थे। बच्चों के शोर मचाने पर परिजन मौके पर पहुंचे और आशीष को कुएं से बाहर निकाला। उसे तुरंत सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र चिचोली ले जाया गया। चिचोली अस्पताल में प्राथमिक उपचार के बाद बच्चे की गंभीर हालत को देखते हुए उसे जिला अस्पताल बैतूल रेफर किया गया। रविवार तड़के इलाज के दौरान आशीष की मौत हो गई। जिला अस्पताल चौकी पुलिस ने शव का पंचनामा कर पोस्टमार्टम कराया। पुलिस ने मर्ग कायम कर मामले की जांच शुरू कर दी है। प्रारंभिक जांच में इसे एक हादसा माना जा रहा है।
40 लाख की सड़क 4 महीने में जर्जर:रॉबर्ट्सगंज में पंडित दीनदयाल योजना की गुणवत्ता पर सवाल
सोनभद्र के रॉबर्ट्सगंज नगर पालिका के वार्ड नंबर 4 में रविवार को ग्रामीणों ने एक सीसी सड़क के जर्जर होने के विरोध में प्रदर्शन किया। पंडित दीनदयाल उपाध्याय विकास प्राधिकरण योजना के तहत लगभग 40 लाख रुपये की लागत से बनी यह 400 मीटर लंबी सड़क महज चार महीने में ही खराब हो गई है, जिससे स्थानीय लोगों में भारी आक्रोश है। यह सड़क सहिजन कलां स्थित सूर्यनाथ पटेल के घर से पिथा संपर्क मार्ग तक बनाई गई थी। ग्रामीणों का आरोप है कि सड़क कई स्थानों पर फट चुकी है और उसकी गिट्टियां उखड़ने लगी हैं, जो निर्माण कार्य की खराब गुणवत्ता को दर्शाती है। स्थानीय नागरिकों के अनुसार, यह मार्ग क्षेत्र का एक महत्वपूर्ण संपर्क मार्ग है। करीब 20 गांवों के लोग प्रतिदिन इसी सड़क से होकर रॉबर्ट्सगंज बाजार, अस्पताल, विद्यालय और अन्य आवश्यक कार्यों के लिए आवागमन करते हैं। सड़क के क्षतिग्रस्त होने से उन्हें काफी परेशानी हो रही है और भविष्य में दुर्घटनाओं का खतरा भी बढ़ गया है। वार्ड नंबर 4 के सभासद राकेश भारती के नेतृत्व में प्रदर्शन कर रहे ग्रामीणों ने नगर पालिका प्रशासन से सड़क निर्माण की उच्चस्तरीय जांच कराने, दोषी ठेकेदार और संबंधित अधिकारियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने तथा सड़क का तत्काल पुनर्निर्माण कराने की मांग की है। उन्होंने चेतावनी दी है कि यदि शीघ्र कार्रवाई नहीं हुई तो वे जनआंदोलन करने को बाध्य होंगे। इस दौरान संतोष मौर्य, राजेश मौर्य, अलगू प्रसाद, रविंद्र कुमार, रामविलास विश्वकर्मा, सूर्यनाथ पटेल, बबुंदर सिंह, अजय भारती, शंकर यादव, सत्य प्रकाश, लवकुश एस, प्रीतम, राजेंद्र प्रसाद, अभिनव, संजय कुशवाहा, जगदीश मौर्या, रामसमुझ मौर्या और तेज बहादुर मौर्य सहित कई ग्रामीण मौजूद रहे।
मंडला में शनिवार देर रात सड़क हादसे के बाद वन्यजीव तस्करी का संदिग्ध मामला सामने आया। कोतवाली थाना क्षेत्र के देवदरा स्थित राजीव कॉलोनी चूना भट्टा के पास बाइक और मालवाहक ऑटो की टक्कर में बाइक पर रखे सांभर के सींग सड़क पर बिखर गए। राहगीरों ने युवक को पकड़कर पुलिस और वन विभाग को सूचना दी। वन विभाग ने सींग जब्त कर जांच शुरू कर दी है। हादसे के बाद सड़क पर बिखरे सांभर के सींग जानकारी के अनुसार, जवाहर वार्ड निवासी सुशील सिंधिया (29) शनिवार देर रात बाइक से राजीव कॉलोनी की ओर जा रहा था। इसी दौरान उसकी बाइक एक मालवाहक ऑटो से टकरा गई। टक्कर के बाद बाइक पर रखे सांभर के दो सींग सड़क पर गिर गए। यह देख मौके पर लोगों की भीड़ जमा हो गई और कुछ देर के लिए यातायात भी प्रभावित रहा। पुलिस ने युवक को हिरासत में लिया सूचना मिलने पर कोतवाली पुलिस और वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची। पुलिस ने भीड़ हटाकर यातायात बहाल कराया और युवक के साथ उसकी बाइक को थाने ले गई। प्रारंभिक पूछताछ में युवक सींगों के संबंध में कोई संतोषजनक जानकारी नहीं दे सका। इसके बाद वन विभाग ने मामले की जांच शुरू कर दी। सांभर अनुसूची-1 का संरक्षित वन्यजीव वन परिक्षेत्र सहायक अजय तिवारी ने बताया कि आरोपी के पास से सांभर के दो पुराने सींग बरामद हुए हैं। पंचनामा और बयान दर्ज करने की कार्रवाई की जा रही है। विभाग यह पता लगा रहा है कि सींग कहां से लाए गए और इन्हें किस उद्देश्य से ले जाया जा रहा था। साथ ही इस मामले में अन्य लोगों की संलिप्तता की भी जांच की जा रही है। उन्होंने बताया कि सांभर वन्यजीव संरक्षण अधिनियम, 1972 की अनुसूची-1 में संरक्षित वन्यजीव है। जांच पूरी होने के बाद संबंधित आरोपियों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
काशी नरेश विश्वविद्यालय में पौधारोपण अभियान:कुलपति ने कहा- वृक्ष सुरक्षित भविष्य की आधारशिला हैं
रविवार को काशी नरेश विश्वविद्यालय, भदोही परिसर में 'एक पेड़ माँ के नाम' अभियान के तहत वृहद पौधारोपण कार्यक्रम आयोजित किया गया। पर्यावरण संरक्षण और प्रकृति संवर्धन के उद्देश्य से हुए इस कार्यक्रम का शुभारंभ विश्वविद्यालय की कुलपति प्रो. उमा श्रीवास्तव ने पौधरोपण कर किया। इस अवसर पर कुलपति प्रो. श्रीवास्तव ने कहा कि वृक्ष केवल पर्यावरण संरक्षण का माध्यम नहीं हैं, बल्कि आने वाली पीढ़ियों के लिए स्वच्छ एवं सुरक्षित भविष्य की आधारशिला भी हैं। उन्होंने सभी से अपनी माताओं के सम्मान और प्रकृति के संरक्षण के संकल्प के साथ अधिक से अधिक पौधे लगाने तथा उनकी नियमित देखभाल करने का आह्वान किया। पौधारोपण कार्यक्रम में विश्वविद्यालय के परीक्षा नियंत्रक, असिस्टेंट रजिस्ट्रार, वरिष्ठ एवं सहायक प्राध्यापकों सहित एनसीसी और एनएसएस के कैडेटों तथा स्वयंसेवकों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। सभी ने परिसर में विभिन्न प्रजातियों के पौधे रोपित कर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया। कार्यक्रम के दौरान विश्वविद्यालय परिवार ने अधिकाधिक वृक्षारोपण एवं उनके संरक्षण का संकल्प लिया। उन्होंने समाज को हरित एवं स्वच्छ वातावरण प्रदान करने की दिशा में सामूहिक प्रयास करने का संदेश भी दिया।
जालौन के रामपुरा थाना क्षेत्र के ग्राम निनावली जागीर में शनिवार रात अज्ञात चोरों ने एक ही घर में रहने वाले दो परिवारों को निशाना बनाकर चोरी की बड़ी वारदात को अंजाम दिया। चोर घर में अलग-अलग रास्तों से घुसे और सोने-चांदी के आभूषणों सहित नकदी पर हाथ साफ कर फरार हो गए। रविवार सुबह 5 बजे घटना की जानकारी होने पर परिवार के लोगों में हड़कंप मच गया। सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची और घटनास्थल का निरीक्षण कर जांच शुरू कर दी। रामपुरा थाना क्षेत्र के निमावली गांव निवासी वीरसिंह पुत्र त्रिभुवन और उनके भतीजे विपिन पुत्र परमसिंह के घरों में रात के समय चोरी हुई। बताया गया कि चोर विपिन के मकान में कमरे के ऊपर लगी टीनशेड हटाकर अंदर घुसे। इसके बाद अलमारी का ताला तोड़कर उसमें रखी सोने की झुमकी, सुई-धागा (नाक का आभूषण), चांदी की पायल सहित करीब 50 हजार रुपये मूल्य के जेवरात चोरी कर लिए। इसके बाद चोरों ने वीरसिंह के कमरे की खिड़की का जंगला हटाकर अंदर प्रवेश किया और बक्से में रखी सोने की जंजीर, अंगूठी, चूड़ियां, चांदी की पायल समेत लगभग 60 हजार रुपये मूल्य के आभूषण चोरी कर लिए। वारदात के समय वीरसिंह घर की छत पर सो रहे थे, जबकि विपिन घर के बाहर सो रहा था। इसी का फायदा उठाकर चोरों ने पूरी घटना को अंजाम दिया। सुबह करीब पांच बजे जब विपिन घर के अंदर पहुंचा तो कमरे का सामान बिखरा पड़ा था। उसने तुरंत अपने चाचा वीरसिंह को इसकी जानकारी दी। इसके बाद जब दूसरे कमरे की जांच की गई तो वहां भी जंगला टूटा मिला और सामान गायब था। घटना की सूचना तत्काल पुलिस को दी गई। सूचना मिलते ही सिद्धपुरा चौकी प्रभारी जितेंद्र कुमार पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे और घटनास्थल का निरीक्षण कर साक्ष्य जुटाए। पुलिस आसपास के लोगों से पूछताछ कर संदिग्धों के बारे में जानकारी एकत्र कर रही है। रामपुरा थाना प्रभारी निरीक्षक शिव प्रकाश सिंह ने बताया कि निनावली जागीर गांव में एक ही घर के दो परिवारों के यहां चोरी की सूचना मिली है। पुलिस मामले की गंभीरता से जांच कर रही है। जल्द ही चोरी की घटना का खुलासा कर आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायालय के समक्ष पेश किया जाएगा। घटना के बाद गांव में दहशत का माहौल है और ग्रामीणों ने क्षेत्र में रात्रि गश्त बढ़ाने की मांग की है।
कोटा यूनिवर्सिटी के इतिहास में पहली बार चंबल के मीठे पानी को कैंपस तक लाने का 10 करोड़ रुपए का प्रोजेक्ट पूरा हो चुका है। पानी की विशाल टंकी बनकर तैयार है, पाइपलाइन बिछाई जा चुकी है और सिस्टम की टेस्टिंग भी पूरी तरह सफल रही है। लेकिन इस गर्मी और उमस के बीच यूनिवर्सिटी के छात्रों को यह पानी सिर्फ इसलिए नसीब नहीं हो रहा है, क्योंकि सिस्टम को अब तक एक 'उद्घाटन की तारीख' का इंतजार है। यूनिवर्सिटी कैंपस में बनाई गई इस पानी की टंकी का उद्घाटन पहले 9 जुलाई को होना संभावित था, लेकिन किन्हीं अज्ञात कारणों से यह कार्यक्रम टल गया। आज भी यूनिवर्सिटी के करीब 1500 नियमित छात्र में बोरवेल का खारा पानी पीने को मजबूर हैं। कोटा यूनिवर्सिटी की स्थापना साल 2003 में हुई थी। स्थापना के बाद से ही कैंपस में मीठे पानी की किल्लत बनी हुई है। छात्रों की मांग है कि उद्घाटन के वीआईपी कल्चर को छोड़कर तुरंत पानी की सप्लाई शुरू की जाए। पथरीली जमीन का खारा पानी और 10 करोड़ का चंबल प्रोजेक्ट कोटा यूनिवर्सिटी में कोटा, बूंदी, बारां, झालावाड़ और सवाई माधोपुर के करीब 213 से अधिक कॉलेज जुड़े हैं, जिनमें नामांकित छात्रों की कुल संख्या 3 लाख से अधिक है। यूनिवर्सिटी कैंपस की जमीन पथरीली होने के कारण यहां का ग्राउंड वॉटर (भूजल) बेहद खराब और खारा है, जिससे कैंपस के पेड़-पौधे तक सूख जाते हैं। समस्या के स्थायी समाधान के लिए अकेलगढ़ वाटर फिल्टर प्लांट से यूनिवर्सिटी कैंपस तक पानी पहुंचाने के लिए 10 करोड़ रुपए से अधिक का बजट मंजूर किया गया था। पीएचईडी (PHED) और यूनिवर्सिटी के आपसी तालमेल से अब यह काम पूरा हो चुका है। मुख्य ओवरहेड टैंक (पानी की टंकी) बनकर तैयार है, डिस्ट्रीब्यूशन पाइपलाइन बिछाई जा चुकी है और पानी का प्रेशर व लीकेज जांचने के लिए टेस्टिंग का काम भी सफलतापूर्वक पूरा कर लिया गया है। आगामी सप्ताह में उद्घाटन की पूरी उम्मीद यूनिवर्सिटी के कुलगुरू प्रो. बी.पी. सारस्वत के अनुसार, 23 साल के लंबे इंतजार के बाद यूनिवर्सिटी को चंबल का मीठा पानी मिलने जा रहा है। पाइपलाइन बिछने के बाद उसकी टेस्टिंग और चेकिंग का काम भी सफलतापूर्वक कर लिया गया है। पहले इसका उद्घाटन 9 जुलाई को होना संभावित था, लेकिन कुछ कारणों से यह नहीं हो सका, अब आगामी सप्ताह में इसके उद्घाटन की पूरी उम्मीद है। छात्रों को नलकूप का पानी, स्टाफ के लिए रोज आते हैं 100 कैंपर हालांकि, इस उद्घाटन के इंतजार के बीच कैंपस के भीतर पानी को लेकर एक 'दोहरा सिस्टम' चल रहा है। छात्रों के लिए लगे वॉटर कूलर्स में आज भी नलकूप (बोरिंग) का खारा पानी आ रहा है। वहीं दूसरी तरफ, यूनिवर्सिटी के अधिकारियों और स्टाफ के लिए रोज बाहर से 100 से अधिक पानी के कैंपर मंगवाए जाते हैं। दोपहर होते-होते ये कैंपर भी खत्म हो जाते हैं, जिसके बाद स्टाफ को भी पानी के लिए परेशान होना पड़ता है।
कानपुर देहात में रविवार को प्रदेश सरकार के 'वृक्षारोपण महायज्ञ-2026' के तहत 50 लाख 38 हजार पौधों के रोपण का महाअभियान चलाया गया। इस अभियान का शुभारंभ पीएम श्री केंद्रीय विद्यालय, माती में आयोजित मुख्य कार्यक्रम से हुआ। राज्यमंत्री प्रतिभा शुक्ला ने मुख्य अतिथि के रूप में कार्यक्रम में शिरकत की। इस अवसर पर जिला पंचायत अध्यक्ष नीरज रानी, जिलाधिकारी कपिल सिंह और प्रभागीय वनाधिकारी सहित अन्य जनप्रतिनिधि एवं अधिकारी उपस्थित रहे। कार्यक्रम में राज्यमंत्री प्रतिभा शुक्ला ने पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया। उन्होंने लोगों से अधिक से अधिक पौधे लगाने और उनकी देखभाल करने का संकल्प लेने की अपील की। उन्होंने कहा कि पौधरोपण केवल एक दिन का कार्यक्रम नहीं है, बल्कि आने वाली पीढ़ियों को सुरक्षित और स्वच्छ पर्यावरण प्रदान करने का एक महत्वपूर्ण अभियान है। जिलाधिकारी कपिल सिंह ने अपनी मां के हाथों पौधा लगवाकर 'एक पेड़ मां के नाम' अभियान को भावनात्मक स्वरूप दिया। उन्होंने जनपदवासियों से कम से कम एक पौधा लगाने और उसकी नियमित देखभाल करने का आग्रह किया। साथ ही, रोपित पौधे के साथ सेल्फी लेकर शासन के निर्धारित पोर्टल पर अपलोड करने की भी अपील की। प्रभागीय वनाधिकारी ने बताया कि जिले को कुल 50,38,100 पौधे लगाने का लक्ष्य दिया गया था। इसमें वन विभाग द्वारा 21,61,000 तथा अन्य 26 विभागों द्वारा 28,77,100 पौधों का रोपण किया गया। इस अभियान में ग्राम पंचायतों, नगर निकायों, स्कूलों, स्वयं सहायता समूहों, एनसीसी कैडेट्स, स्वयंसेवी संस्थाओं और आम नागरिकों ने सक्रिय भागीदारी की। पुलिस विभाग को भी इस महाअभियान के तहत 11,340 पौधे लगाने का लक्ष्य मिला था। इसके अनुरूप जिले के विभिन्न थाना परिसरों, पुलिस कार्यालयों और अन्य स्थानों पर पौधरोपण किया गया। पूरे जनपद में चले इस उत्साहपूर्ण महाअभियान ने पर्यावरण संरक्षण का व्यापक संदेश दिया।
छत्तीसगढ़ कांग्रेस अध्यक्ष के तौर पर दीपक बैज ने रविवार को अपना तीन साल का कार्यकाल पूरा कर लिया। आमतौर पर प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष का कार्यकाल तीन साल का होता है। ऐसे में सबसे बड़ा सवाल यही है कि क्या बैज को एक और मौका मिलेगा या कांग्रेस नया प्रदेश अध्यक्ष चुनेगी। इस सवाल पर दैनिक भास्कर ने दीपक बैज से सीधे बातचीत की, लेकिन उनके जवाब से यह साफ नहीं हो सका कि पार्टी हाईकमान ने उनके भविष्य को लेकर कोई फैसला किया है। बैज ने न तो यह कहा कि उन्हें आगे भी जिम्मेदारी मिल रही है और न ही यह कि हाईकमान से इस विषय पर कोई चर्चा हुई है। उन्होंने सिर्फ इतना कहा कि वे आलाकमान के आशीर्वाद से काम कर रहे हैं। समर्थकों का दावा अलग, बैज के जवाब अलग प्रदेश कांग्रेस में बैज समर्थकों के बीच यह चर्चा है कि विधानसभा चुनाव तक दीपक बैज ही प्रदेश अध्यक्ष बने रहेंगे। लेकिन जब भास्कर ने उनसे पूछा कि क्या आलाकमान से हरी झंडी मिल चुकी है? क्या आपका अध्यक्ष बने रहना तय माना जाए? तो बैज ने सीधे जवाब देने से परहेज किया। उन्होंने कहा,हम आलाकमान के आशीर्वाद से काम कर रहे हैं। पार्टी की मजबूती के लिए काम कर रहे हैं।उन्होंने यह नहीं कहा कि हाईकमान ने उनके कार्यकाल को आगे बढ़ाने का फैसला किया है या उनसे इस संबंध में कोई बातचीत हुई है। तीन साल के काम गिनाए, लेकिन भविष्य पर चुप्पी .सवाल: अपने तीन साल के कार्यकाल को किस तरह देखते हैं? दीपक बैज: तीन साल में हमने सरकार के खिलाफ मजबूती से लड़ाई लड़ी है। सरकार को बेनकाब किया है। तीन साल में सरकार हर मोर्चे पर फेल साबित हुई है। संगठन की मजबूती के लिए हमने जिलाध्यक्ष और ब्लॉक अध्यक्षों का चयन पूरा किया। पंचायत कमेटियों का गठन किया। पूरी तरह से कांग्रेस संगठन को अपडेट किया है। वरिष्ठ नेताओं के साथ मिलकर पार्टी को मजबूत किया है। आने वाले समय में भी पार्टी को और मजबूत करेंगे और सरकार को बेनकाब करेंगे। सवाल: क्या आगे भी आप ही प्रदेश कांग्रेस की कमान संभालेंगे? क्या इसको लेकर आलाकमान से हरी झंडी मिल गई है? दीपक बैज: देखिए, रही बात इस सवाल की... हम स्पष्ट हैं कि आलाकमान के आशीर्वाद से काम कर रहे हैं। पार्टी की मजबूती के लिए काम कर रहे हैं। सवाल: उदयपुर फॉर्मूले के बाद लगातार बदलाव की चर्चा रही। क्या यह माना जाए कि आप ही प्रदेश अध्यक्ष बने रहेंगे? दीपक बैज: चर्चा तो मीडिया के लोग कर रहे हैं। बाबा साहब का स्टेटमेंट देख लीजिए, पिक्चर क्लियर है। सवाल: आप टीएस सिंहदेव के बयान का जिक्र कर रहे हैं। यानी कहीं न कहीं संगठन में बदलाव की चर्चा तो थी? दीपक बैज: बदलाव तो आप मीडिया वाले चलाते रहते हैं। जनता में तो नहीं है, कार्यकर्ताओं में भी नहीं है। मुझे लगता है कि आप लोगों को बाबा साहब का स्टेटमेंट सुन लेना चाहिए।
अशोकनगर-ईसागढ़ रोड पर तरावली गांव के पास एक कार ने बाइक को टक्कर मार दी। इस हादसे में बाइक सवार धनवारा गांव निवासी 30 वर्षीय देवेंद्र आदिवासी की इलाज के दौरान मौत हो गई, जबकि उसका भांजा कल्ला मामूली रूप से घायल हो गया। यह घटना शनिवार रात करीब 8 बजे हुई। देवेंद्र और कल्ला दोनों धनवारा गांव से धान की रोपाई के लिए अशोकनगर के सिरसी गांव जा रहे थे। वे ईसागढ़ की ओर से अशोकनगर की तरफ आ रहे थे। बाइक देवेंद्र चला रहा था और उसका भांजा कल्ला पीछे बैठा था। शहर की ओर से आ रही एक कार ने उनकी बाइक को जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर से देवेंद्र गंभीर रूप से घायल हो गया। देवेंद्र का साथी उसे तत्काल ऑटो से जिला अस्पताल ले गया। उपचार के दौरान रविवार सुबह देवेंद्र की मौत हो गई। परिजनों को रात में ही घटना की सूचना दे दी गई थी। पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया।
रायसेन जिले की सिलवानी तहसील के दैनी गांव में बिजली का काम करते समय एक आउटसोर्स हेल्पर की करंट लगने से मौत हो गई। घटना के बाद गुस्साए परिजनों और ग्रामीणों ने रविवार को सिलवानी-उदयपुरा स्टेट हाईवे-44 पर चक्का जाम कर दिया। उन्होंने मामले की जांच, जिम्मेदारों पर कार्रवाई और मृतक के परिवार को मुआवजा देने की मांग की। मृतक की पहचान 25 वर्षीय अखिलेश कुशवाहा निवासी बेगंवा खुर्द के रूप में हुई है। वह कीरतपुर पावर हाउस के अंतर्गत दैनी गांव में विद्युत संबंधी कार्य कर रहा था। इसी दौरान वह तेज करंट की चपेट में आ गया। मौके पर ही उसकी मौत हो गई। अखिलेश तीन भाई-बहनों में सबसे बड़ा था। परिवार की जिम्मेदारी उसी पर थी। उसकी मौत से परिवार सदमे में है। ग्रामीणों ने सुरक्षा में लापरवाही का आरोप लगाया प्रदर्शन कर रहे ग्रामीणों ने बिजली विभाग पर सुरक्षा मानकों की अनदेखी का आरोप लगाया। उनका कहना है कि काम शुरू करने से पहले जरूरी सुरक्षा व्यवस्था की जाती तो यह हादसा टाला जा सकता था। उन्होंने निष्पक्ष जांच, दोषियों पर कार्रवाई और उचित मुआवजा देने की मांग की। पहले भी हो चुके हैं ऐसे हादसे ग्रामीणों ने बताया कि क्षेत्र में बिजली संबंधी कार्य के दौरान पहले भी कई हादसे हो चुके हैं। प्रतापगढ़ गांव के एक युवक के दोनों हाथ करंट लगने से काटने पड़े थे। वहीं, दो-तीन अन्य लोगों की भी ऐसे हादसों में मौत हो चुकी है। इसके बावजूद सुरक्षा व्यवस्था में सुधार नहीं हुआ। सूचना मिलने पर पुलिस और प्रशासन की टीम मौके पर पहुंची। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। बम्होरी थाना प्रभारी प्रीतम सिंह राजपूत ने बताया कि दैनी गांव में विद्युत कार्य के दौरान अखिलेश कुशवाहा की करंट लगने से मौत हुई है। मामले में मर्ग कायम कर जांच की जा रही है।
जिला अस्पताल जा रही एंबुलेंस की ट्रक से टक्कर:सोनभद्र में दो घायल, चालक को नींद आने से हादसा
सोनभद्र के चोपन थाना क्षेत्र के डाला रामलीला मैदान के पास एक खड़ी ट्रक से एंबुलेंस टकरा गई। इस हादसे में एंबुलेंस में सवार एक कंपाउंडर घायल हो गया, जबकि चालक को मामूली चोटें आईं। यह एंबुलेंस म्योरपुर से जिला अस्पताल जा रही थी। जानकारी के अनुसार, यह घटना बीती रात डाला चौकी क्षेत्र के अंतर्गत वाराणसी-शक्तिनगर राजमार्ग पर हुई। 108 एंबुलेंस म्योरपुर से लोढ़ी स्थित जिला अस्पताल की ओर जा रही थी, तभी वह रामलीला मैदान के पास खड़ी ट्रक से जा टकराई। टक्कर में एंबुलेंस में सवार कंपाउंडर सुखबीर सिंह को चोटें आईं और वे घायल हो गए। उन्हें तत्काल दूसरी एंबुलेंस की मदद से इलाज के लिए सीएचसी चोपन भेजा गया, जहां उनका उपचार जारी है। हादसे में एंबुलेंस चालक सत्येंद्र कुमार को भी हल्की चोटें लगीं। सूचना मिलते ही डाला चौकी प्रभारी घनश्याम तिवारी और चोपन थाना के उप निरीक्षक बलजीत भारद्वाज पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे। एंबुलेंस चालक सत्येंद्र कुमार ने पुलिस को बताया कि रात करीब 1 बजे म्योरपुर से जिला अस्पताल जाते समय उन्हें अचानक नींद आ गई, जिसके कारण यह दुर्घटना हुई।
सीतापुर के महोली कोतवाली क्षेत्र के पैलाकीसा गांव में शनिवार रात करीब 9 बजे स्ट्रीट लाइट जलाने को लेकर शुरू हुआ विवाद हिंसक रूप ले बैठा। पीड़ित परिवार का आरोप है कि गांव के दबंगों ने घर में घुसकर महिला और बच्चों के साथ बेरहमी से मारपीट की। हमले में महिला का सिर फट गया, जबकि उसके बेटे के हाथ में गंभीर चोट आई। इतना ही नहीं, आरोपियों ने घर पर पथराव कर तोड़फोड़ की और नकदी व कीमती सामान भी उठा ले जाने का आरोप है। गंभीर रूप से घायल महिला को जिला अस्पताल से लखनऊ रेफर किया गया है। पीड़ित ओमप्रकाश मौर्य पुत्र गयादीन ने महोली कोतवाली में दी गई तहरीर में बताया कि रात करीब 9 बजे वह घर के बाहर बिजली के खंभे पर लगी स्ट्रीट लाइट जलाने गए थे। इसी दौरान गांव के ही कुछ लोग वहां पहुंचे और गाली-गलौज करते हुए जान से मारने की धमकी देने लगे। विरोध करने पर सभी ने मिलकर उनकी पिटाई शुरू कर दी। पीड़ित के अनुसार, शोर सुनकर उनकी पत्नी और बच्चे बचाने पहुंचे तो आरोपी घर के भीतर घुस आए और सभी के साथ मारपीट की। हमले में उनकी पत्नी का सिर फट गया और वह लंबे समय तक बेहोश रही, जबकि बड़े बेटे के हाथ में गंभीर चोट आई। आरोप है कि जाते समय दबंगों ने घर पर ईंट-पत्थर फेंककर तोड़फोड़ की और घर में संचालित परचून की दुकान से नकदी व अन्य कीमती सामान भी उठा ले गए। पीड़ित का कहना है कि पहले उन्हें सीएचसी महोली ले जाया गया, जहां से पत्नी को जिला अस्पताल सीतापुर और बाद में गंभीर हालत में लखनऊ रेफर कर दिया गया। मामले में पुलिस को तहरीर देकर आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर कड़ी कार्रवाई की मांग की गई है। पुलिस का कहना है कि शिकायत के आधार पर मामले की जांच की जा रही है तथा जांच के बाद नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
ज्ञानपुर में रविवार को उच्च प्राथमिक विद्यालय के बच्चों ने वृक्षारोपण महा अभियान के तहत एक जागरूकता रैली निकाली। इस रैली का उद्देश्य लोगों को 'एक पेड़ मां के नाम' अभियान से जोड़ना और पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूक करना था। यह रैली ज्ञानपुर के उच्च प्राथमिक विद्यालय से शुरू होकर शीतल पाल तिराहा, राजा पार्क, तहसील रोड और प्रोफेसर कॉलोनी सहित पूरे नगर में घूमी। रैली में शामिल बच्चे 'एक पेड़ मां के नाम' और 'सुखी धरती करे पुकार, वृक्ष लगाकर करो सिंगार' जैसे नारे लगा रहे थे। रैली में शामिल शिक्षक अखिलेश कुमार ने बताया कि उनका मुख्य उद्देश्य प्रत्येक व्यक्ति को जागरूक करना है, ताकि वे एक पेड़ लगाएं और उसका संरक्षण अपने पुत्र के समान करें। इससे पर्यावरण संतुलन बनाए रखने में मदद मिलेगी। अखिलेश कुमार ने यह भी बताया कि रैली के बाद विद्यालय परिसर में बच्चों और अध्यापकों द्वारा पौधारोपण किया जाएगा। इस जागरूकता रैली में कक्षा एक से लेकर आठ तक के सभी बच्चे शामिल थे।
लापरवाही पर सीएमओ की कार्रवाई:प्रभारी चिकित्सा अधिकारी समेत दो का 7 दिन का वेतन रोका
मुख्य चिकित्सा अधिकारी (सीएमओ) डॉ. संतोष चक ने आज एक वीएचएनडी (ग्राम स्वास्थ्य, स्वच्छता और पोषण दिवस) सत्र का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्हें बनवासी बस्ती में टीकाकरण और आयुष्मान कार्ड के लाभ से संबंधित लापरवाही मिली, जिसके बाद उन्होंने कार्रवाई करते हुए दो स्वास्थ्यकर्मियों का सात दिन का वेतन रोक दिया। निरीक्षण के दौरान, एएनएम ने सीएमओ को बताया कि बनवासी बस्ती में टीकाकरण की ड्यू लिस्ट लंबित है। आशा कार्यकर्ताओं द्वारा बुलाए जाने पर भी परिवार के सदस्य टीकाकरण कराने से इनकार कर रहे हैं। इस स्थिति को देखते हुए, सीएमओ डॉ. चक स्वयं बनवासी बस्ती पहुंचे। उन्होंने परिवारजनों को टीकाकरण और आयुष्मान कार्ड के लाभों के बारे में विस्तार से बताया और उन्हें इन सुविधाओं का लाभ उठाने के लिए प्रेरित किया। लापरवाही के आरोप में बीसीपीएम (ब्लॉक कम्युनिटी प्रोसेस मैनेजर) श्रीमती पूनम श्रीवास्तव और प्रभारी चिकित्सा अधिकारी डॉ. संतोष यादव का सात दिन का वेतन बाधित किया गया। इसके उपरांत, सीएमओ ने सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र डीघ और गोपीगंज का भी निरीक्षण किया। उन्होंने वहां वृक्षारोपण की तैयारियों का जायजा लिया। डॉ. चक ने सभी स्वास्थ्यकर्मियों और चिकित्सकों को निर्देश दिए कि वे शासन की मंशा के अनुरूप कार्य करें और किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य सुविधाओं को बेहतर बनाना सभी स्वास्थ्यकर्मियों और अधिकारियों की सामूहिक जिम्मेदारी है।
पुलिस लाइन बागपत में वृक्षारोपण अभियान:एक पेड़ माँ के नाम के तहत एसपी समेत अधिकारियों ने लगाए पौधे
बागपत में एक पेड़ माँ के नाम अभियान के तहत रविवार को पुलिस लाइन वृक्षारोपण कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा देना, हरियाली बढ़ाना और नागरिकों को प्रकृति के प्रति उनकी जिम्मेदारियों के प्रति जागरूक करना था। इस अवसर पर बागपत के पुलिस अधीक्षक, अपर पुलिस अधीक्षक, सभी क्षेत्राधिकारी और पुलिस विभाग के अन्य अधिकारियों तथा कर्मचारियों ने पौधे लगाए। अधिकारियों ने विभिन्न प्रजातियों के पौधे रोपित कर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया और सभी को अधिक से अधिक वृक्षारोपण के लिए प्रेरित किया। कार्यक्रम में पुलिस अधीक्षक ने कहा कि वृक्ष हमारे जीवन का आधार हैं। उन्होंने बढ़ते प्रदूषण और जलवायु परिवर्तन की चुनौतियों से निपटने के लिए प्रत्येक व्यक्ति को पौधारोपण करने का आह्वान किया। उन्होंने यह भी जोर दिया कि केवल पौधे लगाना ही पर्याप्त नहीं है, बल्कि उनकी नियमित देखभाल और संरक्षण भी उतना ही आवश्यक है ताकि वे भविष्य में बड़े वृक्ष बनकर पर्यावरण को लाभ पहुँचा सकें। अधिकारियों ने उपस्थित कर्मचारियों से अपने घरों, कार्यालयों और आसपास के क्षेत्रों में पौधे लगाने तथा दूसरों को भी इसके लिए प्रेरित करने का आग्रह किया। इस कार्यक्रम में स्वच्छ, सुरक्षित और हरित वातावरण के निर्माण के लिए सामूहिक सहभागिता पर विशेष बल दिया गया। एक पेड़ माँ के नाम अभियान लोगों को अपनी माताओं के सम्मान में एक पौधा लगाने और उसकी देखभाल करने का संदेश देता है। यह पहल न केवल पर्यावरण संरक्षण की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है, बल्कि आने वाली पीढ़ियों के लिए स्वच्छ और हरित भविष्य सुनिश्चित करने का भी प्रयास है। वृक्षारोपण कार्यक्रम के समापन पर सभी अधिकारियों और कर्मचारियों ने पर्यावरण संरक्षण के लिए निरंतर कार्य करने तथा लगाए गए पौधों की देखभाल करने का संकल्प लिया।
श्रावस्ती के नगर पंचायत इकौना में जलापूर्ति व्यवस्था की टेस्टिंग के दौरान एक पाइपलाइन फट गई। शुक्रवार शाम करीब 6 बजे हुई इस घटना में हजारों लीटर पानी एक मेडिकल स्टोर में घुस गया। स्टोर संचालक ने करीब 15 लाख रुपये की दवाएं खराब होने का दावा किया है और अब जिलाधिकारी को प्रार्थना पत्र देकर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। श्रावस्ती फार्मा के संचालक इमरान अली मेकरानी ने जिलाधिकारी को दिए प्रार्थना पत्र में आरोप लगाया है। उनके अनुसार, 10 जुलाई की शाम करीब छह बजे पानी की टंकी के ऑपरेटर ने नई पाइपलाइन के बजाय पुरानी 6 इंच की जर्जर पाइपलाइन से पानी छोड़ दिया। अधिक दबाव के कारण पाइपलाइन फट गई, जिससे उनकी दुकान और मकान में पानी भर गया। मेकरानी ने बताया कि बिक्री के लिए रखी दवाओं के सैकड़ों कार्टन भीग गए, जिससे उन्हें करीब 14 से 15 लाख रुपये का नुकसान हुआ है। उन्होंने कहा कि पिछले 15 दिनों से पुरानी लाइन बंद थी और नई पाइपलाइन से जलापूर्ति के बजाय पुरानी लाइन को चालू कर दिया गया था। दुकानदार ने आरोप लगाया कि बिना किसी पूर्व सूचना या सर्वे के पुरानी लाइन में पानी छोड़कर टेस्टिंग की गई, जिसका खामियाजा उन्हें भुगतना पड़ा। इस संबंध में जलापूर्ति से जुड़े कर्मचारी सहजराम यादव ने जानकारी दी। उन्होंने बताया कि नई पाइपलाइन का कार्य अभी पूरा नहीं हुआ है और पुरानी लाइन से ही पानी की आपूर्ति की जा रही थी। उनके अनुसार, पानी का दबाव अधिक होने के कारण पाइप फट गया। घटना की जानकारी मिलते ही तत्काल जलापूर्ति बंद कर दी गई। दुकानदार ने इस पूरे मामले में दोषी कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई और नुकसान की भरपाई की मांग दोहराई है। अधिकारियों का कहना है कि मामले की जांच के बाद ही वास्तविक जिम्मेदारी तय हो सकेगी।
छिंदवाड़ा में ससुराल की प्रताड़ना से तंग आकर 32 वर्षीय प्रीति वर्मा ने जहर खाकर जान दे दी। सबूत मिटने के डर से महिला ने मरने से पहले अपने हाथ-पैरों पर मेहंदी से सुसाइड नोट लिखा, जिसे पुलिस अब मुख्य साक्ष्य मानकर जांच कर रही है। पुलिस के अनुसार, प्रीति वर्मा की 13 साल पहले लखन वर्मा से शादी हुई थी। भाई हरिओम जांघेला ने बताया कि प्रीति को आशंका थी कि यदि वह कागज पर सुसाइड नोट लिखेगी तो ससुराल पक्ष उसे नष्ट कर सकता है। इसी वजह से उसने हाथ और पैरों पर मेहंदी से पूरी बात लिखी, ताकि कोई उसे मिटा न सके। 2-3 बार पुलिस से शिकायत की थी भाई के मुताबिक, ससुराल पक्ष लंबे समय से प्रीति को मानसिक और शारीरिक रूप से प्रताड़ित कर रहा था। इस संबंध में 2 से 3 बार थाने में शिकायत भी की। हर बार पति लखन वर्मा समझौते का भरोसा देकर उसे वापस ले जाता, लेकिन कुछ समय बाद फिर मारपीट और प्रताड़ना शुरू हो जाती थी। लगातार परेशान होकर प्रीति ने यह कदम उठाया। बयान देने से पहले ही हो गई मौत चौरई थाना प्रभारी मोहन मर्सकोले ने बताया कि शुक्रवार को जहरीला पदार्थ खाने के बाद महिला को पहले जिला अस्पताल और फिर निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया था। शनिवार शाम इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। रविवार को पोस्टमॉर्टम कराया जा रहा है। पुलिस ने फोटोग्राफी और वीडियोग्राफी की पुलिस ने मृतका के हाथ और पैरों पर लिखे नोट की फोटोग्राफी और वीडियोग्राफी कराई है। जांच में इसे साक्ष्य के रूप में शामिल किया जाएगा। मायके पक्ष के बयान दर्ज किए जा रहे हैं। पुलिस का कहना है कि जांच में जो भी तथ्य सामने आएंगे, उनके आधार पर संबंधित लोगों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी। थाना प्रभारी चौरई मोहन मर्सकोले ने बताया कि महिला ने हाथ-पैरों पर मेहंदी से जो बातें लिखी हैं, उनमें पति और ससुराल पक्ष का उल्लेख है। इन्हीं तथ्यों को साक्ष्य मानकर जांच की जा रही है। मायके पक्ष के बयान लिए जा रहे हैं। जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। इस तरह की लाइनें लिखी मिली शरीर पर
उज्जैन के महापौर मुकेश टटवाल ने श्रावण मास में निकलने वाली भगवान महाकाल की शाही सवारी की व्यवस्था में सुधार के लिए सुझाव दिए हैं। उन्होंने इस संबंध में जिला कलेक्टर और महाकाल मंदिर प्रबंध समिति के अध्यक्ष को एक विस्तृत पत्र भेजा है। महापौर ने अपने पत्र में उल्लेख किया है कि महाकाल की सवारी के दर्शन के लिए देशभर से लाखों श्रद्धालु उज्जैन आते हैं। हालांकि, पालकी के आसपास पुजारियों, प्रशासनिक अधिकारियों, जनप्रतिनिधियों, समाजसेवियों और अन्य प्रभावशाली लोगों की बड़ी संख्या में मौजूदगी के कारण आम श्रद्धालुओं को भगवान की एक झलक पाने में कठिनाई होती है। टटवाल ने सुझाव दिया है कि पुलिस द्वारा पालकी के चारों ओर एक चौड़ा और सख्त सुरक्षा घेरा बनाया जाए। इसका उद्देश्य अनावश्यक भीड़ को पालकी के पास आने से रोकना है। उन्होंने कहा कि पालकी के बिल्कुल करीब केवल उन्हीं लोगों को अनुमति मिलनी चाहिए जिनकी धार्मिक या प्रशासनिक रूप से वास्तविक आवश्यकता हो। पालकी के दोनों ओर 2-2 पुजारियों को रहने दें महापौर ने यह भी प्रस्ताव दिया है कि पालकी के दोनों ओर केवल दो-दो पुजारियों को ही रहने की अनुमति दी जाए। ये पुजारी पूजा-अर्चना और धार्मिक व्यवस्थाओं का संचालन करेंगे। इनके अतिरिक्त किसी अन्य व्यक्ति को पालकी के सुरक्षा घेरे के भीतर प्रवेश की अनुमति नहीं दी जानी चाहिए। इसके अतिरिक्त, उन्होंने जनप्रतिनिधियों, गणमान्य नागरिकों और समाजसेवियों के लिए अलग स्थान निर्धारित करने का सुझाव दिया है। साथ ही, सवारी मार्ग पर एक ऊंचा मंच (हाई व्यू प्वाइंट) बनाने की बात कही है, जिससे आम श्रद्धालु भी भगवान महाकाल की पालकी के आसानी से दर्शन कर सकें। कहा- मेरे कार्यकाल की आखिरी श्रावण सवारी होगी महापौर ने जानकारी दी कि इस विषय पर महाकाल मंदिर प्रबंध समिति की बैठकों में पहले भी चर्चा हो चुकी है। इस बार उन्होंने अपने सुझावों का एक स्केच तैयार कर औपचारिक रूप से प्रशासन को सौंपा है। मुकेश टटवाल ने कहा कि यह उनके महापौर कार्यकाल की अंतिम श्रावण सवारी होगी। उन्होंने उम्मीद जताई कि उनके सुझाव महाकाल की सवारी व्यवस्था को और बेहतर बनाने में सहायक सिद्ध होंगे।
जोधपुर के नए एयरपोर्ट टर्मिनल से आज नियमित उड़ानों का संचालन शुरू हो गया। पहले दिन बेंगलुरु से आई फ्लाइट से नए टर्मिनल की शुरुआत की गई। वहीं पहली उड़ान भी बेंगलुरु के लिए रवाना हुई। इस अवसर पर केंद्रीय मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत ने यात्रियों का स्वागत किया। बतादें, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 4 जुलाई को नए एयरपोर्ट टर्मिनल का उद्घाटन किया था। कुछ तकनीकी और प्रशासनिक औपचारिकताओं के चलते संचालन में आठ दिन की देरी हुई। अब टर्मिनल यात्रियों के लिए पूरी तरह खुल गया है। रविवार सुबह 8:45 बजे बेंगलुरु से आई पहली फ्लाइट के साथ नए टर्मिनल ने अपनी नियमित शुरुआत कर दी। इसके बाद सुबह 9:20 बजे पहली उड़ान बेंगलुरु के लिए रवाना हुई। देखें फोटोज.. मंत्री शेखावत ने कहा कि आज जोधपुर के लिए ऐतिहासिक दिन है,12 जुलाई से नियमित विमान सेवाओं का संचालन शुरू हो गया है। शेखावत ने बताया कि 2014 की तुलना में जोधपुर एयरपोर्ट से यात्रियों और उड़ानों की संख्या करीब दस गुना बढ़ चुकी है। उन्होंने उम्मीद जताई कि भविष्य में जोधपुर से लंबी दूरी और अंतरराष्ट्रीय उड़ानों का भी रास्ता खुलेगा। भविष्य में बहुत कम बदलाव के साथ इस टर्मिनल को अंतरराष्ट्रीय स्तर के टर्मिनल में विकसित किया जा सकेगा। शेखावत ने गहलोत पर साधा निशाना इस दौरान केंद्रीय मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत ने पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के हालिया बयान पर भी जवाब दिया। शेखावत ने कहा कि कुछ दिन पहले पूर्व मुख्यमंत्री यह पूछ रहे थे कि 12 वर्षों में सांसद ने क्या काम किया। उन्होंने कहा कि अशोक गहलोत को उनके लोगों के ही काम नही दिखते। वो उन्हें ही नाकारा निक्कमा बोलते हैं तो उन्हें हमारे द्वारा किया गया कार्य कैसे दिखाई देगा। उन्होंने कहा कि अब जब अशोक गहलोत हवाई जहाज से जोधपुर आएंगे तो उन्हें नया एयरपोर्ट दिखाई देगा और उन्हें स्वयं विकास कार्य नजर आएंगे। अब नया एयरपोर्ट, नई सड़कें, रेलवे स्टेशन और अन्य विकास कार्य देखकर खुद जवाब पा जाएंगे। हालांकि उन्होंने यह भी कहा कि अशोक गहलोत जोधपुर की शान हैं और वे उनके प्रति किसी भी तरह की असम्मानजनक टिप्पणी नहीं करना चाहते। पुराने टर्मिनल से 6 गुना बड़ा है नया टर्मिनल करीब 480 करोड़ रुपए की लागत से बना यह नया टर्मिनल 37 एकड़ क्षेत्र में फैला है और पुराने टर्मिनल से छह गुना बड़ा है। 24 हजार वर्गमीटर में बने इस भवन में 8 गेट, 6 एरोब्रिज, 20 चेक-इन काउंटर, 3 कन्वेयर बेल्ट, 5 लिफ्ट, एस्केलेटर और चार्जिंग पॉइंट के साथ 240 सीटें जैसी आधुनिक सुविधाएं उपलब्ध हैं। एयरपोर्ट डायरेक्टर मनोज उनियाल ने बताया कि एयर इंडिया और इंडिगो के अलावा अन्य एयरलाइंस को भी जोधपुर से नई उड़ानें शुरू करने के लिए पत्र भेजे गए हैं, जिससे आने वाले समय में एयर कनेक्टिविटी और मजबूत होगी। वहीं, पहले दिन नए टर्मिनल से यात्रा करने वाले यात्री भी इसकी भव्यता और आधुनिक सुविधाओं से बेहद प्रभावित नजर आए।
ललितपुर में पुलिस के सामने पथराव, VIDEO:पड़ोसियों में मारपीट, मां-बेटी सहित चार घायल
ललितपुर सदर कोतवाली के आजादपुरा मोहल्ले में शनिवार रात करीब 8 बजे पड़ोसियों के बीच विवाद हो गया। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची, लेकिन पुलिस की मौजूदगी में ही पथराव शुरू हो गया। इस घटना में मां-बेटी सहित चार लोग घायल हो गए। पूरी घटना का सीसीटीवी वीडियो रविवार सुबह से सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। पुलिस मामले की जांच में जुट गई है।3 तस्वीरों में देखिए मारपीट… घायल संजना सिंह ने बताया कि शनिवार रात करीब 8 बजे वह अपनी 15 वर्षीय बेटी के साथ घर के बाहर वृक्षारोपण को लेकर चर्चा कर रही थीं। तभी पड़ोस के कुछ युवक आए और गाली-गलौज करने लगे। उन्होंने तुरंत कोतवाली सदर पुलिस और डायल 112 को फोन किया। पुलिस के पहुंचने के बावजूद, 20 से अधिक महिलाओं और पुरुषों ने उनके घर में घुसकर मारपीट की और पथराव किया। इस हमले में संजना सिंह, उनकी दो बेटियां और चार लोग पत्थरों से घायल हो गईं। सीओ सिटी सदर अजय कुमार ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है। गौरतलब है कि संजना सिंह ने अपने दो बेटियों और एक बेटे के साथ मुस्लिम धर्म छोड़कर हिंदू धर्म अपनाया है।
केंद्रीय राज्यमंत्री रवनीत सिंह बिट्टू ने ‘सतलुज’ फिल्म के मेकर्स को खुली चुनौती दी है। बिट्टू ने मेकर्स को कहा कि उन 25,000 लापता या अवैध रूप से दाह-संस्कार किए गए शवों के पुख्ता दस्तावेजी सबूत, आधिकारिक रिकॉर्ड पेश करें, जो फिल्म में दिखाए गए हैं। बिट़्टू ने कहा है कि उन्हें इन तथ्यों की प्रमाणिकता पब्लिक के सामने रखनी होगी, नहीं तो कानूनी एक्शन लिया जाएगा। बिट्टू ने कहा कि अगर मेकर्स ये दस्तावेज पेश कर देते हैं तो वो सार्वजनिक रूप से माफी मांगेंगे। बिट्टू लगातार फिल्म मेकर्स के खिलाफ तथ्य पेश करते जा रहे हैं। एक दिन पहले उन्होंने फिल्म मेकर्स को चैलेंज किया था कि वह पटियाला की सरकारी स्कूल की प्रिंसिपल निर्मल कांता पर फिल्म बनाकर दिखाएं जिसकी हत्या आतंकियों ने स्टूडेंट्स के सामने कर दी थी। रवनीत बिट्टू ने कही ये 5 बड़ी बातें …. क्रिएटिव फ्रीडम के पीछे न छिपें: बिट्टू ने कहा कि 'सतलुज' के मेकर्स विवादित दावों को इतिहास बताकर क्रिएटिव फ्रीडम के बहाने नहीं छिप सकते। पंजाब का दर्दनाक अतीत कोई ऐसी स्क्रिप्ट नहीं है, जिसे किसी खास नैरेटिव को सूट करने के लिए चुनिंदा रूप से एडिट किया जाए। दर्शकों से सच क्यों छुपाया?: केंद्रीय राज्यमंत्री ने कहा कि अगर 25 हजार शवों का यह आंकड़ा महज एक अनुमान या आरोप पर आधारित है, तो इसे ऐतिहासिक सच क्यों बताया गया? दर्शकों को यह क्यों नहीं बताया कि इस संख्या को किसी भी अदालत ने अंतिम रूप से सही नहीं माना है? आतंकवाद के दूसरे पक्ष को क्यों छुपाया?: बिट्टू ने कहा कि आतंकवादियों द्वारा बेरहमी से मारे गए निर्दोष हिंदुओं, बस यात्रियों, दुकानदारों, सरकारी कर्मचारियों और मजदूरों के नरसंहार को फिल्म में वैसी तीव्रता के साथ क्यों नहीं दिखाया गया? शहीद जवानों का अपमान क्यों?: बिट्टू ने कहा कि आतंकवाद के खिलाफ लड़ते हुए शहीद हुए पंजाब पुलिस के जवानों और सुरक्षा बलों के सर्वोच्च बलिदान को फिल्म में कम करके क्यों आंका गया है? पीड़ित परिवारों को नैरेटिव से गायब क्यों कर दिया गया? इतिहास से छेड़छाड़ बर्दाश्त नहीं: इतिहास के केवल एक पक्ष को बढ़ा-चढ़ाकर दिखाना और दूसरे पीड़ितों को हाशिए पर धकेलना गलत है। किसी भी फिल्म मेकर्स को विवादित आंकड़ों को अचूक सच बनाकर इतिहास को विकृत करने का हक नहीं है। अगर सबूत नहीं हैं तो माफी मांगें केंद्रीय राज्यमंत्री रवनीत बिट्टू ने कहा कि पंजाब ने आतंकवाद के काले दौर में बहुत बड़ी कीमत चुकाई है। हर निर्दोष पीड़ित न्याय और सम्मान का हकदार है चाहे उसका धर्म, समुदाय या विचारधारा कुछ भी हो। उन्होंने फिल्म मेकर्स से कहा है कि वे एक तय समय सीमा के भीतर इस 25,000 के आंकड़े का दस्तावेजी आधार सार्वजनिक करें। बिट्टू ने कहा कि अगर उनके पास सबूत नहीं हैं तो पंजाब की जनता से माफी मांगें।
एक समय जो मोटी ऊन किसानों के लिए बेकार मानी जाती थी। जिस मोटी ऊन को बेकार समझकर किसान फेंक दिया करते थे या फिर औने-पौने दामों में बेच दिया करते थे। वहीं अब फैशन और लाइफस्टाइल प्रोडक्ट्स का हिस्सा बन रही है। भेड़ की मोटी ऊन अब सिर्फ नमदा या सस्ते हस्तशिल्प तक सीमित नहीं रही है। आधुनिक टेक्सटाइल तकनीक ने इसकी तस्वीर बदल दी है। अब इन मोटी ऊन से अब लेडीज पर्स, माउस पैड, ऑफिस फाइल, ब्लेजर, नेहरु जैकेट, रजाई और जैवअपघटित पौध बैग जैसी चीजें तैयार की जा रही है। यह उपलब्धि टोंक के मालपुरा में भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद (ICAR) के अधीन केंद्रीय भेड़ एवं ऊन अनुसंधान संस्थान (CSWRI), अविकानगर (मालपुरा) के वस्त्र निर्माण एवं वस्त्र रसायन विभाग (TMTC) के वैज्ञानिकों ने करीब एक दशक के अनुसंधान के बाद हासिल की है। ऐसे आया पहली बार आइडिया डॉ. सिको जोस ने बताया- भेड़ के मांस की मांग लगातार बढ़ रही है और इसके साथ ही ऊन का उत्पादन भी दिन-प्रतिदिन बढ़ रहा है। हालांकि, अधिकांश ऊन मोटे किस्म की होती है, जिसका अब तक पूर्ण उपयोग नहीं हो पा रहा था। इसके कारण भेड़पालकों को अपनी ऊन का उचित मूल्य भी नहीं मिल पाता था। उन्होंने बताया- इसी स्थिति को देखते हुए मोटी ऊन के बेहतर उपयोग के लिए बुनियादी अनुसंधान की आवश्यकता महसूस हुई। इसके बाद टेक्सटाइल मैन्युफैक्चरिंग एवं टेक्सटाइल केमिस्ट्री डिवीजन ने मोटी ऊन को मूल्य संवर्धित उत्पादोंं में बदलने के उद्देश्य से पिछले एक दशक में विभिन्न शोध एवं प्रयोग (रिसर्च एक्सपेरिमेंट) शुरू किए। मोटी ऊन की नॉन-बोवन शीट तैयार की करीब दस महीने पहले संस्थान में स्थापित लगभग ढाई करोड़ रुपए की आधुनिक मशीन की मदद से मोटी ऊन की नॉन-बोवन शीट तैयार की गई, जिसके आधार पर कई उपयोगी उत्पाद विकसित किए गए हैं। इनमें से दो उत्पादों की तकनीक महाराष्ट्र की एक निजी फर्म को हस्तांतरित (Technology Transfer) भी की जा चुकी है। इस उपलब्धि से भविष्य में मोटी ऊन की मांग बढ़ने की संभावना है, जिससे भेड़पालकों को उनकी ऊन का बेहतर मूल्य मिल सकेगा। इस अनुसंधान में विभागाध्यक्ष डॉ. अजय कुमार, वरिष्ठ वैज्ञानिक डॉ. सिको जोस तथा वैज्ञानिक डॉ. विनोद कदम की अहम भूमिका रही। डेढ़ दर्जन से अधिक वस्तुएं तैयार करने की तकनीक विकसित तीनों वैज्ञानिकों ने लगातार प्रयोग कर मोटी ऊन को आधुनिक टेक्सटाइल तकनीकों के माध्यम से उपयोगी उत्पादों हैंड बैग, माउस पैड,ऑफिस फाइल बैग, रजाई, कंबल, पौधों के जैव अपघटित बैग, विभिन्न प्रकार के ऊनी उत्पाद सहित डेढ़ दर्जन से अधिक वस्तुएंं तैयार करने की सफल तकनीक विकसित की। कंपोजिट निर्माण तकनीकों का उपयोग डॉ. जोस ने बताया- इन चुनौतियों से निपटने के लिए एक व्यवस्थित रणनीति अपनाई गई। इसके तहत फाइबर संशोधन (Fiber Modification) और कंपोजिट निर्माण तकनीकों का उपयोग किया गया। मोटी ऊन पर नेचुरल रबर लेटैक्स, जैवअपघटनीय (Biodegradable) पॉलीमर और पोलीयूरेथेन की कोटिंग कर उसके लचीलेपन, टिकाऊपन, जल प्रतिरोधक क्षमता तथा सतह के स्पर्श अनुभव में उल्लेखनीय सुधार किया गया। इसके साथ ही कच्चे माल का ग्रेडिंग और प्रसंस्करण की प्रक्रियाओं का मानकीकरण किया गया, ताकि तैयार उत्पादोंं की गुणवत्ता एक समान बनी रहे। साथ ही, डॉ. सिको जोस ने बताया- आईसीएआर केंद्रीय भेड़ एवं ऊन अनुसंधान संस्थान (ICAR-CSWRI), अविकानगर में कम कीमत वाली मोटी ऊन से रजाई तैयार की जा रही है। सामान्यतः इस प्रकार की मोटी ऊन कपड़ा निर्माण के लिए उपयुक्त नहीं मानी जाती, लेकिन संस्थान ने इसे उपयोगी उत्पाद में बदलने की तकनीक विकसित की है। मोटी ऊन से तैयार हो रहे जैवअपघटित पौध बैग डॉ. सिको जोस ने बताया- आईसीएआर-सीएसडब्ल्यूआरआई ने प्लास्टिक नर्सरी बैग के सतत (सस्टेनेबल) विकल्प के रूप में मोटी ऊन से जैवअपघटित (Biodegradable) पौध बैग भी तैयार किए हैं। इन बैगों के निर्माण की प्रक्रिया मोटी ऊन के रेशों की सफाई और उन्हें खोलने से शुरू होती है। इसके बाद निडल-पंच (Needle Punch) तकनीक की सहायता से नॉन-वोवन ऊनी शीट तैयार की जाती है। फिर इस शीट को नर्सरी और बागवानी की आवश्यकता के अनुसार काटकर खुले मुंह वाले बैग के आकार में सिल दिया जाता है। उद्योग को बेची दो उत्पादों की तकनीक संस्थान ने मोटी ऊन से तैयार रजाई और नर्सरी पौध बैग बनाने की तकनीक महाराष्ट्र की एक निजी फर्म को गैर-एकाधिकार लाइसेंस (Non-exclusive License) के माध्यम से हस्तांतरित कर दी है। अब यह फर्म बड़े स्तर पर इन उत्पादोंं का उत्पादन कर बाजार में उतारेगी। इससे मोटी ऊन की मांग बढ़ेगी। मोटी ऊन से तैयार किए जाने वाले उत्पादोंं में आवश्यकता के अनुसार लगभग 20 से 30 प्रतिशत प्राकृतिक रबर लेटैक्स का उपयोग किया जाता है। इससे ऊनी रेशों की मजबूती बढ़ती है और तैयार उत्पाद अधिक टिकाऊ बनते हैं। टेक्सटाइल तकनीकों के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य कर रहा संस्थान के निदेशक डॉ. अरुण कुमार तोमर ने कहा- डॉ. सिको जोस की यह सफलता पूरे संस्थान के लिए गौरव का विषय है। यह संस्थान वस्त्र निर्माण एवं वस्त्र रसायन विभाग पिछले कई वर्षों से ऊन अनुसंधान और आधुनिक टेक्सटाइल तकनीकों के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य कर रहा है। खासकर मोटी ऊन को काफी उपयोगी बना दिया है। मोटी ऊन चुनौती लेकिन अब अंतरराष्ट्रीय पहचान बनी संस्थान के मीडिया प्रभारी डॉ. अमरसिंह मीना ने बताया- केंद्रीय भेड़ एवं ऊन अनुसंधान संस्थान का अंतरराष्ट्रीय पहचान पर उत्कृष्ट प्रदर्शन का लंबा इतिहास रहा है। इससे पहले भी संस्थान के निदेशक डॉ. अरुण कुमार तोमर, डॉ. सिको जोस तथा कई अन्य वैज्ञानिकों को उनके उत्कृष्ट रिसर्च कार्यों के लिए विश्व की प्रतिष्ठित वैज्ञानिक रैंकिंग में स्थान मिल चुका है। अविकानगर संस्थान केवल राष्ट्रीय ही नहीं, बल्कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी कृषि एवं ऊन अनुसंधान के क्षेत्र में अपनी मजबूत पहचान स्थापित कर चुका है। भेड़ पालकों द्वार मोटी ऊन को व्यर्थ मानकर फेंकते है, यह अब उपयोगी बनती जा रही है। 30 रुपए से 300 रुपए किलो बिकती है ऊन ऊन तीन किस्म की होती है। मोटी, मध्यम और सबसे बारीक। अभी सबसे बारीक (सबसे कम मोटी) ऊन करीब 300 रुपए किलो, मध्यम मोटाई की उन करीब 150 रुपए प्रतिकिलो और सबसे मोटी ऊन 30 से 40 रुपए मिलती है। लागत और बाजार तक पहुंचने का सफर डॉ. सिको जोस ने बताया- मोटे ऊनी रेशों का खुरदरापन, कड़ापन और चुभने वाला स्वभाव इनके उपयोग में सबसे बड़ी बाधा है। यही कारण है कि इनका कपड़ा और अन्य प्रीमियम उपभोक्ता उत्पादों के निर्माण में सीधे तौर पर उपयोग सीमित रहा है। उन्होंने बताया कि प्रसंस्करण के दौरान मोटी ऊन के साथ कई तकनीकी चुनौतियां सामने आती हैं। इनमें रेशों की कम एकजुटता (Cohesion), अत्यधिक रेशों का झड़ना और चिकनी सतह तैयार करने में कठिनाई होती है। इसके अलावा, उपभोक्ता भी मोटी ऊन से बने उत्पादोंं को महीन ऊन के उत्पादोंं की तुलना में कम गुणवत्ता वाला मानते हैं। डॉ. जोस के अनुसार, मोटी ऊन से बने उत्पादोंं के विकास और व्यावसायीकरण में तकनीकी, आर्थिक और बाजार से जुड़ी अनेक चुनौतियां रही हैं। मोटी ऊन के गुणों और उसके उपयोग के फायदों के बारे में लोगों में पर्याप्त जानकारी नहीं होने के कारण भी इसकी मांग सीमित रही। वहीं, कम कीमत वाले सिंथेटिक रेशों और आयातित उत्पादोंं से मिलने वाली प्रतिस्पर्धा भी एक बड़ी चुनौती रही, क्योंकि वे कम लागत में समान स्पर्श का अनुभव प्रदान करते हैं।
पत्थर से सर कुचलकर बेटे ने पिता की हत्या:आलीराजपुर में मामूली विवाद के बाद किया हमला; आरोपी गिरफ्तार
आलीराजपुर जिले के जोबट थाना क्षेत्र के ग्राम कंदा में रविवार को मामूली विवाद खूनी वारदात में बदल गया। बेटे ने गुस्से में अपने ही पिता के सिर पर पत्थर से हमला कर दिया, जिससे उनकी मौके पर ही मौत हो गई। पुलिस ने आरोपी बेटे को गिरफ्तार कर हत्या का मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस के अनुसार, ग्राम कंदा के मसानिया फलिया निवासी राईसिंग मसानिया (60) और उनके बेटे वेस्ता मसानिया (38) के बीच आज रविवार को किसी बात को लेकर विवाद हो गया। कहासुनी बढ़ने पर बेटे ने पास पड़ा पत्थर उठाकर पिता के सिर पर हमला कर दिया। गंभीर चोट लगने से पिता ने मौके पर ही दम तोड़ दिया। सूचना मिलते ही मौके पर पहुंची पुलिस घटना की जानकारी मिलते ही जोबट थाना पुलिस मौके पर पहुंची और घटनास्थल का निरीक्षण कर साक्ष्य जुटाए। पंचनामा कार्रवाई के बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र जोबट भेजा गया। पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंपा जाएगा। आरोपी गिरफ्तार, हत्या का मामला दर्ज पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी बेटे को गिरफ्तार कर लिया है। उसके खिलाफ हत्या का मामला दर्ज किया गया है। पुलिस परिजनों और ग्रामीणों के बयान दर्ज कर रही है। प्रारंभिक जांच में मामूली विवाद हत्या की वजह माना जा रहा है, जबकि मामले के सभी पहलुओं की जांच जारी है।
हनुमानगढ़ में जिला स्थापना दिवस के अवसर पर आयोजित 3 दिवसीय 'पंच गौरव भटनेर उत्सव-2026' के दूसरे दिन शनिवार देर शाम सेंट्रल पार्क लोक संस्कृति के रंगों से जीवंत हो उठा। 'लोक रंग' सांस्कृतिक संध्या में राजस्थान सहित विभिन्न राज्यों के लोक कलाकारों ने अपनी पारंपरिक प्रस्तुतियां दीं। बड़ी संख्या में शहरवासियों ने देर रात तक इस कार्यक्रम में लोक कला, संगीत और नृत्य का आनंद लिया। कार्यक्रम की शुरुआत राजस्थान की पारंपरिक लोक प्रस्तुतियों से हुई। बीकानेर के कलाकारों ने भवाई और चरखुला नृत्य प्रस्तुत किया, जिसे दर्शकों ने खूब सराहा। गोगामेड़ी के कलाकारों ने बीन, भपंग और बांसुरी की जुगलबंदी पेश की, वहीं सूफी और लंगा लोक गायकों ने अपनी गायकी से श्रोताओं को मंत्रमुग्ध किया। नूर लोक नृत्य, गिद्धा और भांगड़ा ने बांधा समांहरियाणा के कलाकारों ने नूर लोक नृत्य की प्रस्तुति दी। पंजाब की टीम ने पारंपरिक गिद्धा और भांगड़ा प्रस्तुत किया, जिससे कार्यक्रम स्थल पर उत्साह का माहौल बन गया। जोधपुर के कलाकारों ने कालबेलिया नृत्य पेश किया। अन्य लोक कलाकारों ने भी अपनी सांस्कृतिक विरासत को मंच पर प्रदर्शित किया। देर रात तक भरा रहा सेंट्रल पार्कदर्शकों ने तालियों से कलाकारों का लगातार उत्साहवर्धन किया। इस सांस्कृतिक संध्या में प्रशासनिक अधिकारी, जनप्रतिनिधि, विभिन्न विभागों के अधिकारी-कर्मचारी और बड़ी संख्या में आमजन मौजूद रहे। सेंट्रल पार्क दर्शकों से खचाखच भरा रहा, जहां परिवारों सहित पहुंचे लोगों ने देर रात तक इन प्रस्तुतियों का आनंद लिया। जिला प्रशासन की ओर से आयोजित इस उत्सव का मुख्य उद्देश्य जिले की सांस्कृतिक विरासत, लोक कलाओं और स्थानीय प्रतिभाओं को मंच प्रदान करना रहा। कार्यक्रम में स्थानीय कलाकारों को भी अपनी कला प्रदर्शित करने का अवसर मिला।
बुरहानपुर में सोमवार यानी 13 जुलाई को 11 केवी शिकारपुरा फीडर पर आवश्यक रखरखाव कार्य किया जाएगा। इसके चलते सुबह 9 बजे से 11 बजे तक बिजली आपूर्ति बंद रहेगी। यह जानकारी बिजली कंपनी के सहायक यंत्री (एचटी मेंटेनेंस) रोहित भारती ने दी है। इन इलाकों में होगी कटौतीबिजली कटौती के दौरान शंकर टॉकिज, बरडिया ऑयल मिल, नाथवाड़ा, नया मोहल्ला, आदर्श स्कूल, तिलक हॉल, पांडूमल चौराहा तक का क्षेत्र, बाई साहब हवेली क्षेत्र, जोशीवाड़ा, दौलतपुरा, राजघाट, किला पुलिस लाइन और कसेरा बाजार सहित आसपास के इलाके प्रभावित रहेंगे। बिजली कंपनी ने बताया कि रखरखाव कार्य की प्रगति के अनुसार बिजली बंद रहने की अवधि में बदलाव हो सकता है। जरूरत पड़ने पर समय कम या अधिक किया जा सकता है।
जबलपुर पुलिस ने अवैध शराब के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। तिलवारा और गोरखपुर थाना पुलिस ने दो अलग-अलग स्थानों पर छापामार कार्रवाई करते हुए भारी मात्रा में अंग्रेजी और देशी शराब जब्त की। इस दौरान शराब तस्करी में इस्तेमाल की जा रही एक लग्जरी फॉर्च्यूनर कार और एक मोबाइल भी बरामद किया गया, साथ ही दो आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। पहली कार्रवाई तिलवारा थाना पुलिस ने जबलपुर-नागपुर नेशनल हाईवे पर की। मुखबिर की सूचना पर तिलवारा पुल के पास रमनगरा मोड़ पर नाकेबंदी की गई थी। बरगी की ओर से आ रही एक सफेद फॉर्च्यूनर कार (MH14-CM5999) को रोकने का प्रयास किया गया, लेकिन चालक ने गाड़ी भगाने की कोशिश की। इस दौरान कार डिवाइडर से टकराकर दुर्घटनाग्रस्त हो गई। पुलिस ने घेराबंदी कर 23 वर्षीय चालक निखिल पांडे को मौके से गिरफ्तार कर लिया। फॉर्च्यूनर कार की तलाशी लेने पर उसमें विभिन्न ब्रांड्स की 31 पेटियों में कुल 288 बोतल और 336 क्वार्टर (276.48 लीटर) अंग्रेजी शराब मिली। जब्त शराब की अनुमानित कीमत लगभग 3.07 लाख रुपए बताई गई है। तस्करी में इस्तेमाल की गई फॉर्च्यूनर कार की कीमत करीब 22 लाख रुपए आंकी गई है। दूसरी कार्रवाई गोरखपुर थाना की रामपुर चौकी पुलिस ने की। मांडवा शासकीय अस्पताल के पास पहाड़ी की झाड़ियों में दबिश देकर 20 वर्षीय आरोपी हर्ष गोटिया को पकड़ा गया। उसके पास से 32 हजार रुपए मूल्य की 316 पाव (56.88 लीटर) देशी शराब जब्त की गई। पूछताछ में आरोपी हर्ष गोटिया ने बताया कि वह मुख्य सरगना राहुल काला के कहने पर 300 रुपए रुपए प्रतिदिन पर शराब बेच रहा था। पुलिस ने दोनों मामलों में गिरफ्तार आरोपियों और फरार आरोपी राहुल काला के खिलाफ आबकारी एक्ट की धारा 34(2) के तहत मामला दर्ज कर लिया है।
कर्नाटक के कृष्णागिरी में भगवान श्री पार्श्वनाथ की प्रतिमा निर्माण के लिए राजसमंद जिले से चार विशाल ग्रीन मार्बल ब्लॉक शनिवार को भारी माल वाहक ट्रेलरों में लोड किए गए। इनमें सबसे बड़े ब्लॉक का वजन करीब 140 मीट्रिक टन है, जबकि अन्य तीन ब्लॉकों का वजन 65 से 70 मीट्रिक टन के बीच है। केसरियाजी स्थित ग्रीन मार्बल माइंस से इन सभी ब्लॉकों को अलग-अलग हैवी ड्यूटी ट्रेलरों के जरिए कृष्णागिरी के लिए रवाना किया गया। आचार्य वसंत विजयानंद गिरि महाराज की प्रेरणा से हो रहा प्रतिमा निर्माण राजसमंद के कर्णावट ग्रुप के प्रबुद्ध कर्णावट ने बताया कि आचार्य वसंत विजयानंद गिरि महाराज की प्रेरणा से श्री पार्श्व पद्मावती सेवा ट्रस्ट, कृष्णागिरी की ओर से भगवान श्री पार्श्वनाथ प्रभु की प्रतिमा का निर्माण कराया जा रहा है। इसी प्रतिमा निर्माण के लिए माइंस से चार विशाल हरे संगमरमर के ब्लॉकों का चयन किया गया और उन्हें विशेष हैवी ड्यूटी ट्रेलरों के माध्यम से कृष्णागिरी के लिए रवाना किया गया। सबसे बड़े ब्लॉक का वजन 140 मीट्रिक टन प्रबुद्ध कर्णावट ने बताया कि चारों ब्लॉकों में सबसे बड़े ब्लॉक का वजन करीब 140 मीट्रिक टन है। इसके अलावा बाकी तीन ब्लॉकों का वजन 65 से 70 मीट्रिक टन के बीच है। इतने बड़े ब्लॉकों को सुरक्षित तरीके से लोड कर परिवहन के लिए तैयार करना तकनीकी रूप से चुनौतीपूर्ण काम था। दो महीने से ज्यादा समय तक चली तैयारी इन ब्लॉकों की कटिंग, फिनिशिंग और परिवहन की तैयारियां ऋषभदेव स्थित विनीत उद्योग माइंस में दो महीने से ज्यादा समय तक चलीं। ब्लॉकों को तय आकार में तैयार करने और सुरक्षित तरीके से परिवहन योग्य बनाने के लिए लगातार काम किया गया। लोडिंग के लिए अहमदाबाद से मंगवाई गई 700 टन क्षमता की क्रेन विशाल ब्लॉकों की सुरक्षित लोडिंग के लिए अहमदाबाद से 700 टन क्षमता की विशेष क्रेन मंगवाई गई। इस क्रेन की मदद से ब्लॉकों को भारी माल वाहक ट्रेलरों पर लोड किया गया। विशेषज्ञों की निगरानी में पूरा किया गया काम कर्णावट ग्रुप के निदेशक प्रबुद्ध कर्णावट और प्रणय कर्णावट के अनुसार इतने विशाल ब्लॉकों का चयन, निर्माण और सुरक्षित परिवहन बेहद चुनौतीपूर्ण कार्य था। इसे विशेषज्ञों की निगरानी और पूरी टीम के सहयोग से सफलतापूर्वक पूरा किया गया। उन्होंने बताया कि यह केवल एक व्यावसायिक कार्य नहीं था, बल्कि श्रद्धा, सेवा और समर्पण से जुड़ा एक महत्वपूर्ण अवसर भी था। इस सेवा कार्य में गजेंद्र जैन, राकेश मीणा, बाबू मीणा सहित पूरी टीम का महत्वपूर्ण योगदान रहा।
300 से अधिक महिला उद्यमी एक मंच पर:बिजनेस नेटवर्किंग के साथ लिया अंगदान का संकल्प
लघु उद्योग भारती, जयपुर एवं अलका गौड़ फाउंडेशन के संयुक्त तत्वावधान में जयपुर में बिजनेस ग्रीट एंड मीट एवं स्किल ट्रेनिंग सेशन का आयोजन किया गया। होटल सोवेनियर पेपरमिंट में आयोजित इस कार्यक्रम में 300 से अधिक महिला उद्यमियों, स्टार्टअप फाउंडर्स, गृह उद्योग संचालिकाओं, प्रोफेशनल्स और विभिन्न क्षेत्रों से जुड़ी महिलाओं ने भाग लिया। कार्यक्रम का उद्देश्य महिलाओं को व्यवसायिक नेटवर्किंग, कौशल विकास और नए व्यापारिक अवसरों से जोड़ना रहा। कार्यक्रम की मुख्य अतिथि पूर्व जयपुर महापौर सौम्या गुर्जर ने कहा कि विकसित भारत के निर्माण में महिलाओं की आर्थिक भागीदारी सबसे महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। उन्होंने कहा कि आत्मनिर्भर महिला ही आत्मनिर्भर समाज और सशक्त राष्ट्र की आधारशिला है। उन्होंने महिलाओं से नवाचार, तकनीक और आपसी सहयोग के माध्यम से अपने व्यवसाय को नई ऊंचाइयों तक ले जाने का आह्वान किया तथा ऐसे आयोजनों को समय की आवश्यकता बताया। लघु उद्योग भारती की प्रांत महामंत्री सुनीता शर्मा ने कहा कि संगठन महिला उद्यमिता को प्रोत्साहित करने के लिए लगातार कार्य कर रहा है। उन्होंने कहा कि इस प्रकार के कार्यक्रम महिलाओं को केवल व्यापारिक अवसर ही नहीं देते, बल्कि मजबूत नेटवर्क, आत्मविश्वास, बाजार से जुड़ाव और व्यवसाय विस्तार के नए रास्ते भी उपलब्ध कराते हैं। अलका गौड़ फाउंडेशन की संस्थापक डॉ. अलका गौड़ ने कहा कि आज की महिला केवल परिवार की जिम्मेदारी निभाने तक सीमित नहीं है, बल्कि देश की अर्थव्यवस्था की मजबूत शक्ति बनकर उभर रही है। उन्होंने कहा कि यदि महिलाओं को सही प्रशिक्षण, प्रभावी मंच और मजबूत नेटवर्क मिले तो वे न केवल स्वयं आत्मनिर्भर बन सकती हैं, बल्कि अनेक लोगों के लिए रोजगार के अवसर भी सृजित कर सकती हैं। डॉ. गौड़ ने कहा कि सावन, तीज और भारतीय पर्व केवल सांस्कृतिक उत्सव नहीं हैं, बल्कि वोकल फॉर लोकल, हस्तशिल्प, कुटीर उद्योग और महिला उद्यमिता को नई पहचान दिलाने वाले बड़े आर्थिक अवसर भी हैं। उन्होंने स्थानीय उत्पादों को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय बाजार तक पहुंचाने पर जोर देते हुए महिलाओं से भारतीय त्योहारों को आर्थिक सशक्तिकरण का माध्यम बनाने का आह्वान किया। कार्यक्रम के दौरान महिला उद्यमियों के लिए विशेष बिजनेस नेटवर्किंग एवं स्किल ट्रेनिंग सेशन भी आयोजित किया गया, जिसमें व्यवसाय को बढ़ाने, बाजार की नई संभावनाओं, ब्रांडिंग, नेटवर्क निर्माण और उद्यमिता से जुड़े विभिन्न पहलुओं पर विशेषज्ञों ने मार्गदर्शन दिया। प्रतिभागियों ने एक-दूसरे के साथ अनुभव साझा किए और भविष्य में सहयोग की संभावनाओं पर भी चर्चा की। कार्यक्रम का सबसे प्रेरणादायक पहलू तब देखने को मिला जब उपस्थित सभी महिला उद्यमियों को अंगदान (ऑर्गन डोनेशन) की शपथ दिलाई गई। सभी ने संकल्प लिया कि वे स्वयं अंगदान के प्रति जागरूक रहेंगी और समाज में अधिक से अधिक लोगों को इस महादान के लिए प्रेरित करेंगी। आयोजकों ने कहा कि उद्यमिता के साथ सामाजिक उत्तरदायित्व का संदेश देना भी इस आयोजन का प्रमुख उद्देश्य था।
छत्तीसगढ़ के रायपुर में मैकेनिक महेश दास मानिकपुरी की खुदकुशी से पहले का एक वीडियो सामने आया है। जिसमें वो कह रहा है कि, मैं प्रतिमा और बंटी पुलिस वाले की वजह से फांसी लगा रहा हूं। उसने मेरी जिंदगी बर्बाद कर दी। मुझे मानसिक रूप से प्रताड़ित किया। उसने कहा कि, बंटी क्राइम ब्रांच खमतराई, प्रतिमा मानिकपुरी, मोगरा दास, गोपीदास मानिकपुरी और उनके पिता ने मुझे बहुत परेशान किया। मुझे मरने के लिए मजबूर किया है। कथित रूप से वसूली के लिए दबाव बनाने का भी आरोप लगाया है। घटना के 9 दिन बाद मृतक के मोबाइल से मिले वीडियो के आधार पर परिजनों ने दोषी पुलिसकर्मी के खिलाफ कार्रवाई की मांग करते हुए थाने में शिकायत दर्ज कराई है। अधिकारियों ने जांच का आश्वासन दिया है। मामला खमतराई थाना इलाके का है। अब पढ़िए क्या है पूरा मामला जानकारी के मुताबिक, खमतराई निवासी महेश दास मानिकपुरी ने 3 जुलाई को फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली थी। घटना के बाद परिजनों ने उसका मोबाइल सुरक्षित रख लिया था। करीब 9 दिन बाद जब उन्होंने मोबाइल की जांच की, तो उसमें रिकॉर्ड किया गया एक वीडियो मिला। वीडियो में महेश ने पुलिसकर्मी बंटी का नाम लेते हुए आरोप लगाया कि वह उसे लगातार परेशान कर रहा था और कथित रूप से वसूली के लिए दबाव बना रहा था। महेश ने वीडियो में अपनी मानसिक प्रताड़ना का भी जिक्र किया है। परिजनों ने की निष्पक्ष जांच की मांग वीडियो देखने के बाद परिजनों ने पुलिस अधिकारियों से मिलकर पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की है। उनका कहना है कि, यदि समय रहते शिकायत पर ध्यान दिया जाता, तो शायद महेश की जान बच सकती थी। परिजनों ने आरोपी पुलिसकर्मी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। अधिकारियों ने जांच का दिया आश्वासन इस मामले में खमतराई टीआई जितेंद्र जायसवाल ने दैनिक भास्कर से चर्चा के दौरान बताया कि, मृतक के परिजनों की शिकायत पर जांच की जा रही है। सुसाइड करने वाले महेश दास मानिकपुरी पर 6 महीने पहले फर्जी पुलिसकर्मी बनकर पैसे लेने के आरोप में कार्रवाई की गई थी। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि, वीडियो की सत्यता, उसमें लगाए गए आरोपों और बाकी परिस्थितियों की बारीकी से जांच की जाएगी। जांच रिपोर्ट आने के बाद ही आगे की कार्रवाई और मामले की वास्तविक स्थिति स्पष्ट हो सकेगी। …………………….. इससे संबंधित यह खबर भी पढ़िए… भिलाई के होटल में म्यूजिक आर्टिस्ट की लाश मिली: रातभर शव के साथ कमरे में रही गर्लफ्रेंड, भाई बोला- सुसाइड नहीं, हत्या हुई छत्तीसगढ़ के भिलाई में एक होटल के कमरे में 19 साल के युवक की लाश मिली है। युवक का नाम शादाब बताया जा रहा है, जो म्यूजिक आर्टिस्ट था। शादाब मंगलवार शाम 4 साल बड़ी गर्लफ्रेंड के साथ होटल पहुंचा था। उसके दोस्तों को कॉल आया कि शादाब बेहोश हो गया है। पढ़ें पूरी खबर…
बालोद जिले के कोकान पहाड़ी पर फोटोशूट के दौरान पैर फिसलने से युवक नीचे गिरकर गंभीर रूप से घायल हो गया। सूचना मिलते ही रेस्क्यू दल और 108 एंबुलेंस की टीम मौके पर पहुंची। घायल को सुरक्षित निकालकर अस्पताल पहुंचाया। जानकारी के अनुसार, शनिवार दोपहर 12:47 बजे कंट्रोल रूम को हादसे की सूचना मिली। इसके बाद रेस्क्यू दल और 108 एंबुलेंस की टीम तत्काल घटना स्थल के लिए रवाना हुई। मौके पर मौजूद लोगों ने बताया कि तीन युवक फोटोशूट के लिए पहाड़ी पर चढ़े थे। सिर में गंभीर आई चोटें इसी दौरान फोटो खिंचवाते समय एक युवक का संतुलन बिगड़ गया और पैर फिसलने से वह नीचे गिर पड़ा। हादसे में उसके सिर में गंभीर चोट आई। रेस्क्यू दल, 108 एंबुलेंस कर्मियों और स्थानीय लोगों ने संयुक्त प्रयास से घायल युवक को पहाड़ी से सुरक्षित नीचे उतारा। राजनांदगांव रेफर किया गया इसके बाद उसे इलाज के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र चिखलाकसा ले जाया गया। वहां शुरुआती इलाज के बाद उसकी गंभीर हालत को देखते हुए मेडिकल कॉलेज अस्पताल, राजनांदगांव रेफर कर दिया गया। घायल युवक की पहचान धीरज यादव के रूप में हुई है। फिलहाल उसका मेडिकल कॉलेज अस्पताल में इलाज जारी है। हादसे के दौरान 108 एंबुलेंस की टीम ने राहत और बचाव कार्य में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
रातापानी टाइगर रिजर्व अंतर्गत देलावाड़ी परिक्षेत्र में आरटीओ (क्षेत्रीय परिवहन कार्यालय) की तख्ती लगी गाड़ी से सागौन तस्करी का मामला उजागर हुआ है। पकड़ी गई गाड़ी और तस्कर दोनों नर्मदापुरम के हैं। तस्कर आरटीओ की तख्ती लगी गाड़ी से किस किस काम में उपयोग कर अपराध कर रहे थे, इसकी जानकारी निकालने में नर्मदापुरम आरटीओ कार्यालय भी लगा है। अगर हाईवे पर इस गाड़ी से चैकिंग कर अवैध वसूली या अन्य कार्य हो रहे थे तो नर्मदापुरम आरटीओ भी इनके खिलाफ अपराधिक मामला दर्ज कराएंगे। वन विभाग ने शुक्रवार रात कार्रवाई करते हुए सुरेश पिता कान्हा निवासी सुरई ढाबा, अर्पित यादव पिता शारदा प्रसाद यादव निवासी मालाखेड़ी, नीलेश यादव पिता छोटेलाल यादव निवासी मालाखेड़ी तथा सोहेल शेख पिता नासिर शेख निवासी मालाखेड़ी (नर्मदापुरम) को गिरफ्तार किया है। आरटीओ लिखी पकड़ाई बोलेरो गाड़ी क्रमांक एमपी 05 टी 2187 अर्पित यादव के नाम दर्ज है। गिरफ्तार आरोपी नीलेश यादव ट्रैक्टर से चोरी की रेत का परिवहन करता है। आरोपियों के खिलाफ वन अधिनियम के तहत प्रकरण दर्ज कर पूछताछ की जा रही है। देलावाड़ी परिक्षेत्र में पकड़ाई दो गाड़ीदरअसल, शुक्रवार रात को रेहटी वनमंडल औबेदुल्लागंज के पद्मश्री डॉ. व्हीएस वाकणकर रातापानी टाइगर रिजर्व अंतर्गत देलावाड़ी परिक्षेत्र के अमड़ो क्षेत्र में वन विभाग ने अवैध सागौन तस्करी के खिलाफ कार्रवाई कर दो गाड़ियों को पकड़ा। कार्रवाई के दौरान 19 नग सागौन की सिल्ली, जिनकी अनुमानित कीमत करीब 2 लाख रुपए बताई जा रही है, जब्त की गई। साथ ही एक होंडा सिटी कार और एक बोलेरो वाहन भी जब्त किए गए। कार्रवाई के दौरान सबसे चौंकाने वाली बात यह सामने आई कि पकड़ी गई बोलेरो एमपी 05 टी 2187 में बड़े अक्षरों में RTO लिखा था। उस पर हूटर भी लगा था। आशंका जताई जा रही है कि वाहन को सरकारी वाहन जैसा स्वरूप देकर जांच से बचने और अवैध लकड़ी का परिवहन करने के लिए इस्तेमाल किया जा रहा था। वन विभाग ने दोनों वाहनों को जब्त कर लिया है। जानकारी जुटा रहे, करेंगे कार्रवाईआरटीओ प्रमोद कापसे ने कहा कि आरटीओ कार्यालय में दो गाड़ी अटैच हैं, जिसमें एक सरकारी है। उड़न दस्ते में भी दो गाड़ी अटैच हैं, जो यह नहीं है। फर्जी तरह से ही उपयोग किया जा रहा था। सीहोर आरटीओ के क्षेत्र अंतर्गत गाड़ी पकड़ाई हैं, लेकिन आरोपी और गाड़ी नर्मदापुरम की है। इसलिए हम भी इसकी जानकारी जुटा रहे हैं कि हमारे जिले में भी कहीं अपराधिक गतिविधियां इस गाड़ी से की जा रही थी या नहीं? गाड़ी के खिलाफ कार्रवाई के लिए पुलिस थाने को लिखा जाएगा।
जयपुर के वरिष्ठ साहित्यकार एवं इम्यूनोलॉजी के रिटायर्ड प्रोफेसर डॉ. हरि मोहन सक्सेना ने हिंदी साहित्य में एक अनूठा कीर्तिमान स्थापित किया है। उन्होंने ऐसी हिंदी कविता रची है, जिसके सभी 116 शब्द और 24 पंक्तियां हिंदी वर्णमाला के 'क' अक्षर से शुरू होती हैं। इस अद्वितीय रचना को इंडिया बुक ऑफ रिकॉर्ड्स ने आधिकारिक रूप से रिकॉर्ड के रूप में मान्यता प्रदान की है। इस उपलब्धि पर डॉ. सक्सेना को 'आईबीआर अचीवर' का सम्मान, मेडल और प्रमाणपत्र प्रदान किया गया है। उनके इस रिकॉर्ड का उल्लेख इंडिया बुक ऑफ रिकॉर्ड्स के 2027 संस्करण में भी प्रकाशित किया जाएगा। डॉ. हरि मोहन सक्सेना का शैक्षणिक और वैज्ञानिक जीवन भी उतना ही उल्लेखनीय रहा है। वे इम्यूनोलॉजी के सेवानिवृत्त प्रोफेसर हैं और बिहार पशु विज्ञान विश्वविद्यालय, पटना में डीन (पोस्ट ग्रेजुएट स्टडीज) के पद पर सेवाएं दे चुके हैं। इसके अलावा वे रूस स्थित भारतीय दूतावास में विज्ञान सलाहकार (काउंसलर – साइंस एंड टेक्नोलॉजी) के रूप में भी कार्य कर चुके हैं। इस दौरान वे यूक्रेन और बेलारूस में स्थित भारतीय दूतावासों से भी जुड़े रहे। साहित्य के क्षेत्र में भी डॉ. सक्सेना लगातार सक्रिय हैं। उनकी हिंदी कविताओं की दो पुरस्कृत पुस्तकें प्रकाशित हो चुकी हैं। इससे पहले वे गोल्डन डव अवॉर्ड्स, सिंगापुर में गोल्ड मेडल प्राप्त कर चुके हैं तथा हैशटैग कलाकार द्वारा आयोजित वैश्विक कविता प्रतियोगिता में 16वां स्थान हासिल कर चुके हैं। अब इंडिया बुक ऑफ रिकॉर्ड्स में दर्ज यह उपलब्धि उनके साहित्यिक सफर में एक और महत्वपूर्ण अध्याय जोड़ती है। 'क' अक्षर का अद्भुत करिश्मा रिकॉर्ड बनाने वाली कविता 'क' की कविता, कलम का कौशल भाषा और शब्द-संयोजन का अनूठा उदाहरण है। पूरी कविता में प्रत्येक शब्द 'क' अक्षर से शुरू होता है, फिर भी कविता अपने भाव, अर्थ और लय को सहज रूप से बनाए रखती है। कविता में कर्म, करुणा, कृपा, कला, काल और कर्तव्य जैसे विषयों को अत्यंत प्रभावशाली ढंग से प्रस्तुत किया गया है। कविता की अंतिम पंक्तियां इस रचनात्मक प्रयोग की विशेषता को बखूबी व्यक्त करती हैं-'क' की कीरत कासे कहूं,कलम का करतब कहां करूं।कविता कहे करिश्मा 'क' का,कैसा करा कमाल कलम का।
कूलर का प्लग लगाते समय बुजुर्ग महिला की मौत:हाई वोल्टेज करंट की चपेट में आई; इलाज के दौरान दम तोड़ा
पन्ना के जनकपुर में कूलर का प्लग लगाते समय बुजुर्ग महिला (92) की करंट लगने से मौत हो गई। घटना शनिवार रात 11-12 जुलाई की रात हुई, जिसके बाद उन्हें जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया था। मृतका की पहचान हीरा बाई कुशवाहा (पति स्वर्गीय मानिक लाल कुशवाहा) के रूप में हुई है। उनके बेटे रतन कुशवाहा ने बताया कि रात में बुजुर्ग महिला कूलर का प्लग बोर्ड में लगा रही थीं, तभी वह अचानक हाई वोल्टेज करंट की चपेट में आ गईं। परिजनों ने तुरंत बिजली की सप्लाई बंद की परिजनों ने तुरंत बिजली की सप्लाई बंद कर दी। गंभीर हालत में हीरा बाई को तत्काल उपचार के लिए पन्ना के जिला चिकित्सालय ले जाया गया। डॉक्टरों ने इलाज शुरू किया, लेकिन वृद्धावस्था और करंट के जोरदार झटके के कारण उपचार के दौरान ही उनकी मौत हो गई। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस ने शव का पंचनामा तैयार कर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। हादसे के कारणों की जांच शुरू कर दी गई है।
राजस्थान लोक सेवा आयोग (RPSC) की ओर से आयोजित होने जा रही सीनियर टीचर भर्ती परीक्षा का आज पहला दिन है। आज परीक्षा की पहली पारी में कैंडीडेट्स को कड़ी सुरक्षा जांच के बाद प्रवेश दिया गया। सीकर में एसके स्कूल में बनाए गए परीक्षा केंद्र पर महिला अभ्यर्थी से हाथों की चूड़ियां उतरवायी गई। कई अभ्यर्थियों के हाथों में बंधे धागे काटे गए। एक कैंडिडेट दौड़ता हुआ आया एसके स्कूल में बनाए गए परीक्षा केंद्र का गेट बंद होने से पहले एक कैंडिडेट दौड़ता हुआ आया और फिर उसे सुरक्षा जांच के बाद प्रवेश दिया गया। परीक्षा की पहली पारी 10 बजे से दोपहर 12 बजे तक है। इसके लिए 9 बजे तक अभ्यर्थियों को केंद्र में प्रवेश किया गया। दूसरी पारी दोपहर 3 से शाम 5:30 बजे तक है। 15 जुलाई को एग्जाम नहीं है सीकर में 17 जुलाई तक यह परीक्षा चलेगी। हालांकि 15 जुलाई को एग्जाम नहीं है। सीकर में परीक्षा को देखते हुए 49 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं। जहां पर 14870 कैंडिडेट एग्जाम देंगे। परीक्षा के चलते सीकर में निगरानी के लिए 81 सुपरवाइजर,17 कॉर्डिनेटर और कई फ्लाइंग टीमों का गठन किया गया है।
रोहतक के गांव बोहर में किराए पर रहने वाले परिवार के दो नाबालिग बच्चे शनिवार दोपहर को जेएलएन नहर में डूब गए थे। सूचना पाकर आईएमटी थाना पुलिस व एसडीआरएफ की टीम मौके पर पहुंची और सर्च ऑपरेशन चलाया। सर्च ऑपरेशन के दौरान SDRF टीम ने एक बच्चे का शव नहर से निकाल लिया है, जबकि दूसरे की तलाश जारी है। नहर में डूबे बच्चों की पहचान 9 वर्षीय प्रदीप व 12 वर्षीय कुलदीप पुत्र दलीप सिंह के रूप में हुई। कुलदीप मूल रुप से बिहार का रहने वाला है और गांव बोहर में किराए के मकान में रहता है। दोपहर के समय उसके दोनों बच्चे नहर पर नहाने के लिए गए थे। नहर की सीढ़ियों पर बैठकर नहा रहे थे। इसी दौरान प्रदीप का पैर फिसल गया और वह नहर में डूबने लगा। उसे बचाने के लिए बड़ा भाई कुलदीप भी नहर में कूदा, लेकिन पानी के तेज बहाव के कारण दोनों नहर में बहते चले गए। सूचना पाकर ग्रामीण व पुलिस मौके पर पहुंचे और दोनों बच्चों को खोजने के लिए सर्च ऑपरेशन चलाया। एसडीआरएफ टीम को मिला एक शव एसडीआरएफ टीम ने नहर में सर्च ऑपरेशन चलाया हुआ है, जिसके चलते करीब 20 घंटे बाद एक बच्चे का शव बरामद किया गया है। वहीं, दूसरे बच्चे की तलाश में टीम ने नहर में उतरकर गोताखोरों की मदद से तलाश जारी रखी है, लेकिन पानी का बहाव इतना तेज है कि दूसरे बच्चे के बारे में कोई जानकारी नहीं मिली। पुलिस मामले में कर रही जांच आईएमटी थाना पुलिस ने बताया कि नहर में सर्च ऑपरेशन चलाया हुआ है। टीम ने एक बच्चे का शव बरामद कर लिया है, जबकि दूसरे बच्चे की तलाश जारी है। जल्द ही दूसरे बच्चे के शव को भी नहर से बरामद कर लिया जाएगा।
रायसेन जिले के बरेली कस्बे और आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों में हाल ही में हुई चोरी नकबजनी की वारदातों का पुलिस ने खुलासा किया है। पुलिस ने इस संबंध में अंतरराज्यीय पारदी गैंग के दो सदस्यों को गिरफ्तार किया है। इन आरोपियों के खिलाफ मध्यप्रदेश, राजस्थान और दिल्ली सहित विभिन्न राज्यों में हत्या, डकैती, चोरी, लूट और आर्म्स एक्ट जैसे कई गंभीर मामले दर्ज हैं। थाना प्रभारी कपिल गुप्ता के नेतृत्व में गठित एक विशेष टीम ने यह कार्रवाई की। पुलिस फरार गैंग सदस्यों की तलाश में लगातार दबिश दे रही है। पुलिस के अनुसार, 5 जुलाई की रात दाम मिल मोहल्ला निवासी राजेंद्र वर्मा के घर का ताला तोड़कर अज्ञात बदमाशों ने सोने-चांदी के जेवर चोरी कर लिए थे। इस घटना के बाद बरेली थाने में नकबजनी का मामला दर्ज कर जांच शुरू की गई थी। गुना में दबिश देकर पुलिस ने पकड़ाजांच के दौरान, मुखबिर से सूचना मिली कि वारदात को गुना जिले के धरनावदा थाना क्षेत्र के पारदी गैंग ने अंजाम दिया है। इसके बाद पुलिस की विशेष टीम को गुना भेजा गया। स्थानीय पुलिस की मदद से लगातार दबिश देकर खेजड़ा चक निवासी मुरार पिता कालू पारदी और रॉकी पिता भंवरलाल पारदी को गिरफ्तार किया गया। पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि वारदात में गैंग के अन्य सदस्य टोनी उर्फ डेविड पारदी, कीमतीलाल पारदी और अन्य साथी भी शामिल थे। पुलिस इन फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए अलग-अलग टीमें गठित कर तलाश कर रही है। पुलिस अधीक्षक द्वारा फरार आरोपियों पर इनाम घोषित किए जाने की तैयारी भी की जा रही है। पुलिस के मुताबिक, गिरफ्तार आरोपी आदतन अपराधी हैं। मुरार के खिलाफ हत्या, आर्म्स एक्ट, जुआ एक्ट सहित कई मामले दर्ज हैं। वहीं, रॉकी पर हत्या के प्रयास, डकैती, चोरी, आर्म्स एक्ट और अन्य गंभीर धाराओं में मध्यप्रदेश, राजस्थान और दिल्ली के विभिन्न थानों में प्रकरण दर्ज हैं।

