प्रियांश आर्य के छक्के से घायल हुए बुजुर्ग फैन कृष्णचंद को अस्पताल से छुट्टी मिलने के बाद टीम की को-ओनर प्रीति जिंटा ने वीडियो कॉल पर उनसे बात की और उनका हालचाल पूछा। इस बातचीत का वीडियो पंजाब किंग्स के आधिकारिक एक्स अकाउंट पर शेयर किया, साथ ही लिखा, फैंस हमेशा पहले आते हैं। कृष्ण चंद जी के जल्दी ठीक होने की कामना करते हैं। उन्हें बेहतर होते देखकर खुशी हुई। बता दें कि यह घटना मंगलवार को पंजाब किंग्स और राजस्थान रॉयल्स के बीच खेले गए मैच के दौरान हुई थी। मैच में प्रियांश आर्य के बल्ले से निकला एक ऊंचा शॉट सीधे स्टैंड्स में जाकर गिरा, जहां मौजूद बुजुर्ग फैन कृष्णचंद के चेहरे पर गेंद लग गई। घटना के तुरंत बाद उनका चेहरा लहूलुहान हो गया। आसपास बैठे दर्शकों ने तुरंत मदद की और उन्हें पास के अस्पताल पहुंचाया गया। इलाज के बाद अब उनकी हालत स्थिर बताई जा रही है और उन्हें अस्पताल से छुट्टी मिल चुकी है। घटना के बाद प्रीति जिंटा और खिलाड़ी प्रियांश आर्य ने वीडियो कॉल के जरिए कृष्णचंद से बातचीत की। इस दौरान प्रियांश ने कहा कि उन्हें टेंशन हो गई थी कि कृष्णचंद जी को ज्यादा चोट तो नहीं लगी। इस पर प्रीति ने कहा कि उन्होंने भी चिंता की थी। धर्मशाला में मैच देखने के लिए बुलाया वीडियो कॉल के दौरान प्रीति जिंटा ने उन्हें धर्मशाला में होने वाले अगले मैच के लिए इनवाइट किया। साथ ही हल्के अंदाज में एक्ट्रेस ने कहा कि अगली बार आपको हेलमेट पहना देंगे, ताकि कोई बॉल आए तो आप सुरक्षित रहें। प्रीति ने कहा, “आपसे बात करके बहुत अच्छा लगा, आप सेफ रहें और हम आपका धर्मशाला में इंतजार करेंगे।” इस आईपीएल में पंजाब किंग्स अपने होम ग्राउंड धर्मशाला में तीन मुकाबले खेलेगी, जो 11 मई, 14 मई और 17 मई को होंगे।
धुरंधर 2 दुनियाभर में दूसरी सबसे ज्यादा कमाई करने वाली भारतीय फिल्म बन गई। फिल्म की दुनियाभर में कमाई 1,788.32 करोड़ रुपए हो गई। धुरंधर 2 ने बाहुबली 2 को पीछे छोड़ दिया, जिसने 1,788.06 करोड़ रुपए कमाए थे। अब यह सिर्फ दंगल (₹2070 करोड़) से पीछे है। रिलीज के 45वें दिन भारत में ₹2.77 करोड़ कमाए ट्रेड वेबसाइट सैकनिल्क के अनुसार, फिल्म ने रिलीज के 45वें दिन भारत में ₹2.77 करोड़ का नेट कलेक्शन किया। फिल्म का कुल भारत नेट कलेक्शन अब 1,138.54 करोड़ रुपए तक पहुंच गया, जबकि भारत में इसका ग्रॉस कलेक्शन 1,362.57 करोड़ रुपए हो गया। ग्रॉस कलेक्शन टिकट से कुल कमाई और नेट कलेक्शन टैक्स के बाद की कमाई होती है। ओवरसीज में फिल्म का कुल कलेक्शन अब 425.75 करोड़ रुपए तक पहुंच गया है। वहीं, फिल्म का वर्ल्डवाइड ग्रॉस कलेक्शन 1,788.32 करोड़ रुपए हो चुका है। धुरंधर को शानदार रिस्पॉन्स मिला था धुरंधर के पहले पार्ट ने भारत और अंतरराष्ट्रीय बॉक्स ऑफिस पर शानदार प्रदर्शन किया और दुनियाभर में करीब 1,307 करोड़ रुपए कमाए। भारत में फिल्म का ग्रॉस कलेक्शन 1,005.85 करोड़ रुपए रहा, जबकि नेट कलेक्शन लगभग 840 करोड़ रुपए हुआ। विदेशी बाजारों में भी फिल्म को जबरदस्त रिस्पॉन्स मिला। ओवरसीज में इसने करीब 299.5 करोड़ रुपए कमाए। अमेरिका और कनाडा में 193.06 करोड़ रुपए से ज्यादा की कमाई कर बाहुबली 2 का रिकॉर्ड भी तोड़ा। --------------------- धुरंधर से जुड़ी ये खबर भी पढ़ें… 10 जुलाई को जापान में रिलीज होगी धुरंधर: जापानी भाषा में मूवी का नाम ‘ऑपरेशन धुरंधर’ होगा, फिल्म ने 1307 करोड़ रुपए कमाए थे रणवीर सिंह की फिल्म धुरंधर 10 जुलाई 2026 को जापान में रिलीज की जाएगी। जापान में इस फिल्म को 'ऑपरेशन धुरंधर' के नाम से रिलीज किया जाएगा। धुरंधर से पहले जापान में रणवीर सिंह की गली बॉय, गोलियों की रासलीला राम-लीला और पद्मावत फिल्में रिलीज हो चुकी हैं। पूरी खबर यहां पढ़ें…
बॉलीवुड एक्टर सलमान खान के पर्सनल बॉडीगार्ड ने शनिवार को स्पेशल कोर्ट में बताया कि अप्रैल 2024 में उनके घर के बाहर हुई फायरिंग एक्टर की हत्या की कोशिश थी। हालांकि, अब तक अदालत में गवाही देने वाले सलमान के पर्सनल बॉडीगार्ड का नाम सामने नहीं आया है। गौरतलब है कि सलमान की सिक्योरिटी में कई बॉडीगार्ड रहते हैं, जिनमें सबसे प्रमुख बॉडीगार्ड गुरमीत सिंह जॉली (शेरा) हैं। समाचार एजेंसी PTI के अनुसार, इस मामले की सुनवाई पिछले महीने शुरू हुई, जिसमें बॉडीगार्ड ने पहले गवाह के रूप में बयान दिया। 14 अप्रैल 2024 को दो बाइक सवार लोगों ने बांद्रा स्थित गैलेक्सी अपार्टमेंट के बाहर फायरिंग की थी। पटाखों जैसी आवाज सुनाई दी थी बॉडीगार्ड ने बताया कि वह 13 अप्रैल को शाम 7 बजे अपनी ड्यूटी पर आया था। उस समय सलमान खान की सुरक्षा गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई से मिली धमकियों के कारण बढ़ाई गई थी। उन्होंने बताया कि 14 अप्रैल को सुबह करीब 4 बजे पटाखों जैसी आवाज सुनाई दी। CCTV स्क्रीन पर देखा कि दो लोग हेलमेट पहनकर बाइक पर आए और बिल्डिंग की ओर फायरिंग की। गार्ड तुरंत मौके पर पहुंचे, आरोपी फरार हुए गवाह के अनुसार हमलावरों ने चार से पांच राउंड फायर किए। इसके बाद वह और अन्य गार्ड तुरंत बाहर गए, लेकिन हमलावर 'आई लव बांद्रा' पॉइंट की ओर भाग गए और फिर मेहबूब स्टूडियो रोड की तरफ निकल गए। स्पेशल पब्लिक प्रॉसिक्यूटर महेश मुले ने कोर्ट में CCTV फुटेज पेश किया, जिसमें बाइक गेट के पास आती दिख रही है। गवाह ने वीडियो में डिटेल्स की पहचान की। घटना के समय सलमान बेडरूम में मौजूद थे बॉडीगार्ड ने बताया कि घटना के समय सलमान पहली मंजिल पर अपने बेडरूम में थे। उन्होंने कहा कि यह फायरिंग एक्टर की हत्या की कोशिश थी। क्रॉस-एग्जामिनेशन के दौरान उन्होंने कहा कि जब उन्होंने आवाज सुनी तो वह सिक्योरिटी केबिन में थे और उन्हें एक्टर को मिली धमकियों के बारे में कोई पर्सनल जानकारी नहीं थी। एक अन्य गवाह, पुलिस गार्ड ने अदालत में बताया कि वह लॉबी में था और उसने घटना नहीं देखी, लेकिन मौके पर पड़े कारतूस देखे। मामले में लॉरेंस और अनमोल वॉन्टेड हैं पुलिस के मुताबिक, बाइक पर सवार विक्की गुप्ता और सागर पाल ने फायरिंग की। मोहम्मद रफीक सरदार चौधरी ने घटना से दो दिन पहले इलाके की रेकी की थी, वीडियो बनाया और उसे वॉन्टेड आरोपी अनमोल बिश्नोई को भेजा था। इस मामले में विक्की गुप्ता, सागर पाल, सोनू कुमार बिश्नोई, मोहम्मद रफीक चौधरी और हरपाल सिंह न्यायिक हिरासत में हैं। आरोपी अनुजकुमार थपन ने पुलिस हिरासत में आत्महत्या कर ली थी। मामले में लॉरेंस बिश्नोई और उसका भाई अनमोल बिश्नोई वॉन्टेड हैं। सलमान को Y+ कैटेगरी की सुरक्षा, 24 घंटे 11 जवान साथ …………….. सलमान खान से जुड़ी यह खबर भी पढ़ें… सलमान के कंधे पर शख्स ने अचानक हाथ रख दिया:सिक्योरिटी हो गई अलर्ट, तुरंत हटाया; एक्टर ने शांत रहने का इशारा किया सलमान खान का जामनगर एयरपोर्ट से एक वीडियो सामने आया है, जिसमें जैसे ही एक शख्स ने उनके कंधे पर हाथ रखने की कोशिश की, उनकी सिक्योरिटी टीम तुरंत अलर्ट हो गई। पूरी खबर यहां पढ़ें…
दिवंगत उद्योगपति संजय कपूर की संपत्ति को लेकर विवाद में नया मोड़ आया है। दिल्ली हाईकोर्ट द्वारा वसीयत पर “सस्पिशियस सर्कम्स्टांसेज” यानी संदिग्ध परिस्थितियों की टिप्पणी के बाद वरिष्ठ वकील महेश जेठमलानी ने प्रिया कपूर के दावों पर तीखा हमला बोला है। अंग्रेजी न्यूज चैनल को दिए इंटरव्यू में महेश जेठमलानी ने कहा, “झूठी वसीयत बनाने की कोई जरूरत ही नहीं थी। जब कोई जरूरत से ज्यादा लालची हो जाता है, तब ऐसे खतरे सामने आते हैं।” जेठमलानी, संजय कपूर और करिश्मा कपूर के बच्चों समायरा और कियान कपूर की ओर से पैरवी कर रहे हैं। उनका कहना है कि प्रिया कपूर और उनके नाबालिग बेटे को ट्रस्ट स्ट्रक्चर के तहत करीब 7500 करोड़ रुपए का अधिकार पहले ही मिल चुका था। ऐसे में विवादित वसीयत के जरिए अतिरिक्त दावा करना “अनावश्यक और जोखिम भरा कदम” था। 30 हजार करोड़ नहीं, करीब 12 हजार करोड़ की संपत्ति महेश जेठमलानी ने संपत्ति की कुल वैल्यू पर बड़ा दावा किया। उन्होंने कहा कि मीडिया में 30 हजार करोड़ रुपए की चर्चा गलत है। उनके मुताबिक, कुल एस्टेट लगभग 12 हजार करोड़ रुपए का है, जिसमें करीब 10 हजार करोड़ ट्रस्ट एसेट्स और लगभग 2 हजार करोड़ वसीयत से जुड़े हैं। उन्होंने कहा कि इतनी छोटी हिस्सेदारी के लिए मामले को विवादित बनाना समझ से परे है। अगर फर्जी साबित हुई वसीयत तो सबकुछ जा सकता है जेठमलानी ने कहा कि अगर अदालत में वसीयत फर्जी साबित होती है, तो इसके गंभीर कानूनी परिणाम हो सकते हैं। ट्रस्ट डीड के मुताबिक, अगर किसी व्यक्ति पर फर्जीवाड़े जैसे “मोरल टरपिट्यूड” वाले अपराध का दोष साबित होता है, तो वह ट्रस्टी बनने के योग्य नहीं रहता। उसे ट्रस्ट का लाभार्थी बनने का अधिकार भी खोना पड़ सकता है। उन्होंने इसे “बहुत बड़ा जुआ” बताया। प्रिया कपूर को ट्रस्टी पद से हटाए जाने का दावा महेश जेठमलानी ने दावा किया कि स्थायी ट्रस्टी रानी कपूर पहले ही प्रिया कपूर को ट्रस्टी पद से हटा चुकी हैं। उन्होंने कहा कि उनके क्लाइंट ट्रस्ट की वैधता को चुनौती नहीं दे रहे, लेकिन प्रिया कपूर के व्यवहार और ट्रस्ट संचालन के तरीके पर सवाल उठा रहे हैं। बच्चों को जानकारी नहीं देने का आरोप जेठमलानी ने आरोप लगाया कि ट्रस्ट प्रशासन में पारदर्शिता की कमी रही है। उन्होंने कहा कि समायरा और कियान को ट्रस्ट से जुड़ी जरूरी जानकारी देने में टालमटोल की गई। उनके मुताबिक, आगामी कानूनी दस्तावेजों में इन मुद्दों को विस्तार से रखा जाएगा। दिल्ली हाईकोर्ट पहले ही जता चुका है शक पूरा विवाद उस समय और गंभीर हो गया, जब दिल्ली हाई कोर्ट ने वसीयत को लेकर संदिग्ध परिस्थितियों का जिक्र करते हुए एस्टेट को सुरक्षित रखने का आदेश दिया। कोर्ट ने फिलहाल संपत्ति से जुड़े बड़े लेनदेन या बदलाव पर रोक लगाई हुई है।
केंद्र सरकार ने प्रख्यात गीतकार, लेखक और संचार विशेषज्ञ प्रसून जोशी को प्रसार भारती का नया अध्यक्ष नियुक्त किया है। सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय ने शनिवार को इसकी आधिकारिक घोषणा की। मंत्रालय द्वारा जारी बयान में कहा गया कि प्रसून जोशी एक जाने-माने क्रिएटिव प्रोफेशनल हैं, जिनका साहित्य, विज्ञापन, सिनेमा और पब्लिक कम्युनिकेशन के क्षेत्र में महत्वपूर्ण योगदान रहा है। अपनी प्रभावशाली लेखनी और गहरी सांस्कृतिक समझ के चलते उन्होंने भारतीय मीडिया नैरेटिव को आकार देने में अहम भूमिका निभाई है। जोशी के कार्यों में लोकप्रिय फिल्मी गीत, चर्चित विज्ञापन अभियान और सामाजिक सरोकारों से जुड़ी कहानी कहने की शैली शामिल है, जो देशभर के विविध दर्शकों से जुड़ती है। उनके गीतों में संवेदनशीलता, देशभक्ति और सामाजिक सोच की झलक देखने को मिलती है। अश्विनी वैष्णव ने दी बधाईअश्विनी वैष्णव ने उन्हें बधाई देते हुए कहा कि उनके नेतृत्व में प्रसार भारती को नई ऊर्जा और रचनात्मक दिशा मिलेगी। उन्होंने जोशी को साहित्य, विज्ञापन, कला और सिनेमा जगत में वैश्विक पहचान वाला बहुआयामी व्यक्तित्व बताया। सेंट्रल बोर्ड ऑफ फिल्म सर्टिफिकेशन के रह चुके चेयरपर्सनइस नियुक्ति से पहले प्रसून जोशी अगस्त 2017 से सेंट्रल बोर्ड ऑफ फिल्म सर्टिफिकेशन (CBFC) के चेयरपर्सन के रूप में कार्यरत थे। उनके कार्यकाल में फिल्म सर्टिफिकेशन प्रक्रिया को मजबूत करने और क्रिएटिव एक्सप्रेशन व नियामकीय जिम्मेदारी के बीच संतुलन बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण प्रयास किए गए। अल्मोड़ा में हुआ था जन्मउत्तराखंड के अल्मोड़ा में जन्मे प्रसून जोशी ने शुरुआती शिक्षा के बाद प्रबंधन और संचार के क्षेत्र में भी अध्ययन किया। उन्होंने हिंदी सिनेमा की कई चर्चित फिल्मों जैसे तारे ज़मीन पर, रंग दे बसंती, भाग मिल्खा भाग, फना, हम तुम और ब्लैक के लिए यादगार गीत लिखे हैं।
कनाडा में हुए कॉन्सर्ट के दौरान पंजाबी सिंगर और एक्टर दिलजीत दोसांझ का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो में दिलजीत स्टेज पर ऐसी बातें कहते नजर आए, जिससे फैंस की चिंता बढ़ गई है। उन्होंने कहा कि वह “इस दुनिया और शरीर को छोड़ चुके हैं” और उन्हें मौत से डर नहीं लगता। दिलजीत ने 30 अप्रैल को कनाडा के कैलगरी स्थित स्कोटियाबैंक सैडलडोम में ‘ऑरा वर्ल्ड टूर 2026’ के तहत परफॉर्म किया था। इसी कॉन्सर्ट का वीडियो सामने आया है। वीडियो में वह पंजाबी में फैंस से बातचीत करते नजर आए। उन्होंने कहा कि पिछले दिसंबर में वह इस शरीर से बाहर निकलने की कोशिश कर रहे थे, लेकिन अब शरीर छोड़ने से पहले उन्हें कुछ काम पूरे करने हैं। दिलजीत की इन बातों ने सोशल मीडिया पर हलचल बढ़ा दी है। कई फैंस उनके मानसिक और भावनात्मक हालात को लेकर चिंता जता रहे हैं। हालांकि, दिलजीत या उनकी टीम की तरफ से इस बयान पर कोई आधिकारिक सफाई नहीं दी गई है। कॉन्सर्ट के दौरान दिलजीत ने यह भी कहा कि उन्हें किसी से नफरत नहीं है और वह प्यार, सम्मान और माफी के साथ जिंदगी जीने की कोशिश कर रहे हैं। उन्होंने पंजाब के प्रति अपना जुड़ाव जाहिर किया और कहा कि पंजाब हमेशा उनके दिल में रहेगा।इसी शो के दौरान कुछ खालिस्तान समर्थकों ने कथित तौर पर हंगामा किया। रिपोर्ट्स के मुताबिक, कुछ लोगों ने झंडे दिखाए और नारेबाजी की। इस पर दिलजीत ने स्टेज से कहा कि जो लोग हंगामा करेंगे, उन्हें बाहर निकाल दिया जाएगा। वर्कफ्रंट की बात करें तो दिलजीत हाल ही में फिल्म ‘बॉर्डर 2’ में नजर आए थे। आने वाले समय में वह ‘मैं वापस आऊंगा’ में दिखाई देंगे, जिसे इम्तियाज अली डायरेक्ट कर रहे हैं।
मलाइका अरोड़ा ने बेटे अरहान खान को लेकर एक बात शेयर की। उन्होंने बताया कि अरहान ने कहा कि वह शादी नहीं करना चाहते और बच्चे भी प्लान नहीं कर रहे हैं। मलाइका के मुताबिक, बेटे ने मजाक में कहा, “ग्रैंडकिड्स की उम्मीद छोड़ दो।” हाल ही में टाइम्स एंटरटेनमेंट को दिए इंटरव्यू में मलाइका रिश्तों और शादी पर बात कर रही थीं। उन्होंने कहा कि आज की पीढ़ी रिश्तों को अलग नजरिए से देखती है। उनका बेटा कई बार ऐसी बातें बोलता है, जो उन्हें सोचने पर मजबूर करती हैं। मलाइका ने बताया कि अरहान ने उनसे कहा, “मैं शादी नहीं करूंगा, इसलिए ग्रैंडकिड्स के बारे में भूल जाइए।” वजह पूछने पर अरहान ने बढ़ते प्रदूषण और खराब माहौल का जिक्र किया। उसने कहा कि AQI 500-1000 तक पहुंच रहा है, ऐसे माहौल में बच्चों को दुनिया में लाना सही नहीं लगता। मलाइका ने माना कि बेटे की सोच उनसे अलग है। उन्होंने उसे समझाया कि जिंदगी के हर फेज का अलग अनुभव होता है और परिवार बनाना भी उसका हिस्सा है। उन्होंने कहा कि रिश्ते बदलते रहते हैं और जिंदगी में कुछ भी स्थायी नहीं होता। इंसान को परिस्थितियों के हिसाब से खुद को ढालना पड़ता है। इंटरव्यू में मलाइका ने सेल्फ-लव पर भी बात की। उन्होंने कहा कि वह हर दिन खुद से प्यार करने को कहती हैं, क्योंकि अगर इंसान खुद को स्वीकार नहीं करेगा, तो जिंदगी खुलकर नहीं जी पाएगा। मलाइका अरोड़ा की शादी 1998 में अरबाज खान से हुई थी। दोनों का 2017 में तलाक हो गया था। अरहान उन्हीं के बेटे हैं। तलाक के बाद भी दोनों बेटे की को-पैरेंटिंग कर रहे हैं। मलाइका लंबे समय तक अर्जुन कपूर के साथ रिश्ते को लेकर भी चर्चा में रहीं।
संजय दत्त की बेटी त्रिशाला दत्त एक समय बॉलीवुड में आना चाहती थीं। इसकी वजह एक्टिंग का सपना नहीं, बल्कि पिता के करीब रहना था। त्रिशाला ने इन्साइड थॉट्स आउट लाउड पॉडकास्ट में कहा कि बचपन में उन्हें लगता था कि फिल्मों में आने से वह पिता के साथ ज्यादा समय बिता पाएंगी। त्रिशाला, संजय दत्त और उनकी पहली पत्नी ऋचा शर्मा की बेटी हैं। ऋचा का 1996 में ब्रेन ट्यूमर से निधन हुआ था। इसके बाद त्रिशाला अमेरिका में नाना-नानी के साथ पली-बढ़ीं। उन्होंने बताया कि जब उन्होंने बॉलीवुड में आने की इच्छा जताई, तब संजय दत्त ने पूछा था कि क्या एक्टिंग सच में उनका पैशन है। त्रिशाला के मुताबिक, उन्होंने पिता से कहा था कि वह सिर्फ उनके करीब रहना चाहती हैं। इस पर संजय दत्त ने समझाया कि सिर्फ स्टार किड होने से कोई ए-लिस्ट एक्ट्रेस नहीं बनता। उन्होंने बेटी को वही करने की सलाह दी, जिसमें उसकी असली रुचि हो। त्रिशाला ने कहा कि उनके पिता जिंदगी में मुश्किल दौर से गुजरे हैं। उन्होंने हमेशा उन्हें सही दिशा दिखाने की कोशिश की। बॉलीवुड में करियर बनाने के बजाय त्रिशाला ने मानसिक स्वास्थ्य क्षेत्र चुना। वह अब थेरेपिस्ट हैं। उन्होंने कहा कि इंडस्ट्री में मानसिक स्वास्थ्य पर कम खुलकर बात होती है। वह लोगों को बताना चाहती थीं कि संघर्ष सामान्य है। त्रिशाला ने दीपिका पादुकोण की भी तारीफ की, जिन्होंने डिप्रेशन पर खुलकर बात की थी। त्रिशाला ने बताया कि उन्होंने माता-पिता के साथ सामान्य पारिवारिक जिंदगी नहीं जी। वह बचपन से अमेरिका में रहीं और भारत कम आ पाती थीं। हालांकि, उन्होंने कहा कि जब भी वह संजय दत्त के साथ होती हैं, उन्हें सामान्य पिता-बेटी जैसा रिश्ता महसूस होता है।
साल 2012 में मुंबई के वानखेड़े स्टेडियम में हुए विवाद पर तत्कालीन एसीपी इकबाल शेख ने हाल ही में बताया कि शाहरुख खान और एमसीए अधिकारियों के बीच गलतफहमी से बहस हुई, जिसे बढ़ने से रोकने के लिए उन्होंने एक्टर को मौके से बाहर ले जाने को कहा था। यह मामला 2012 के आईपीएल मैच के बाद सामने आया था, जब कोलकाता नाइट राइडर्स ने मुंबई इंडियंस को हराया था। मैच के बाद मैदान पर शाहरुख खान और सिक्योरिटी स्टाफ के बीच बहस के सीन सामने आए थे। इकबाल शेख ने शुभोजीत घोष के पॉडकास्ट में बताया, 'जब मैं मेन गेट पर था, तो मुझे हमारे कलीग ने बताया कि शाहरुख यहां राड़ा (झगड़ा/हंगामा) कर रहा है।' शेख ने बताया कि उस समय मैच खत्म हो चुका था। उन्होंने कहा, 'मेरे साथ में ऑपरेटर था। उस टाइम मैच खत्म हो गया था, तकरीबन सब लोग जा चुके थे। फ्लडलाइट्स में से तीन-चार में से तीन लाइटें भी बंद हो गई थीं। सब लोग जा रहे थे। वहां पर शाहरुख खान और उसके फ्रेंड्स के साथ जो बच्चे लोग कुछ खेल रहे थे, वो एक साइड में खेल रहे थे।' उन्होंने कहा, 'वहां के सिक्योरिटी वाले ने उसके लिए ऑब्जेक्शन उठाया। सिक्योरिटी ने सीटी बजाई, तो शाहरुख खान को अच्छा नहीं लगा। उसमें कुछ बातचीत हुई, फिर सिक्योरिटी की तरफ से और एमसीए के कुछ लोगों ने बोला, तो आपस में हीटेड आर्गुमेंट्स हो गए।' शाहरुख को तुरंत बाहर चलने को कहा इकबाल शेख ने बताया कि स्थिति बिगड़ने से पहले वह मौके पर पहुंचे और उन्होंने सीधे शाहरुख खान से कहा कि वह बाहर चलें। उन्होंने बताया कि एक्टर ने उनकी बात मानी और मामला वहीं शांत हो गया। घटना के बाद मुंबई क्रिकेट एसोसिएशन ने एक्टर पर स्टेडियम में प्रवेश को लेकर नियम तोड़ने और स्टाफ से बदसलूकी का आरोप लगाया था। मरीन ड्राइव पुलिस स्टेशन में शिकायत भी दर्ज की गई थी। हालांकि, पीटीआई की रिपोर्ट के अनुसार शाहरुख खान ने बदसलूकी के आरोपों से इनकार किया था। उनका कहना था कि वह अपनी बेटी सुहाना खान और अन्य बच्चों की सिक्योरिटी को लेकर चिंतित थे।
ऑस्कर 2027 के लिए एकेडमी ऑफ मोशन पिक्चर आर्ट्स एंड साइंसेज ने इंटरनेशनल फीचर फिल्म कैटेगरी के नियमों में बदलाव किया है। इसका असर भारत जैसे देशों पर पड़ सकता है, जहां हर साल ऑस्कर एंट्री को लेकर विवाद होते रहे हैं। नए नियमों के बाद अब किसी देश की आधिकारिक एंट्री ही ऑस्कर तक पहुंचने का इकलौता रास्ता नहीं रहेगा। एकेडमी ऑफ मोशन पिक्चर आर्ट्स एंड साइंसेज की नई गाइडलाइंस के अनुसार, अगर कोई फिल्म कान्स, वेनिस, टोरंटो, बर्लिन, सनडांस या बुसान जैसे इंटरनेशनल फिल्म फेस्टिवल्स में टॉप अवॉर्ड जीतती है, तो वह सीधे ऑस्कर की इंटरनेशनल फीचर कैटेगरी के लिए क्वालिफाई कर सकती है। यानी उस फिल्म को अपने देश की ऑफिशियल एंट्री बनने की जरूरत नहीं होगी। इस बदलाव का उदाहरण भारतीय फिल्ममेकर पायल कपाड़िया की फिल्म ‘ऑल वी इमेजिन ऐज लाइट’ से समझा जा रहा है। रिपोर्ट के मुताबिक, अगर ये नियम पहले लागू होते तो फिल्म भारत की आधिकारिक एंट्री बने बिना भी ऑस्कर की रेस में शामिल हो सकती थी। भारत में ऑस्कर के लिए फिल्म चुनने का जिम्मा फिल्म फेडरेशन ऑफ इंडिया (FFI) के पास होता है। लेकिन कई सालों से इसकी चयन प्रक्रिया पर सवाल उठते रहे हैं। साल 2013 में इरफान खान की फिल्म ‘द लंच बॉक्स’ को लेकर विवाद हुआ था। कान्स फिल्म फेस्टिवल में सराहना मिलने के बावजूद इसे भारत की ऑफिशियल एंट्री नहीं चुना गया था। इसकी जगह ‘द गुड रोड’ को भेजा गया था। उस समय फिल्ममेकर अनुराग कश्यप समेत कई लोगों ने चयन प्रक्रिया की आलोचना की थी। नई गाइडलाइन के तहत अब इंटरनेशनल फीचर अवॉर्ड का क्रेडिट देश की बजाय फिल्म के डायरेक्टर को दिया जाएगा। साथ ही एक देश से एक से ज्यादा फिल्मों के ऑस्कर रेस में पहुंचने की संभावना बढ़ गई है। फिल्म इंडस्ट्री के जानकार इसे भारतीय सिनेमा के लिए मौका मान रहे हैं, क्योंकि अब अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सराही गई फिल्मों को घरेलू चयन राजनीति से राहत मिल सकती है।
फिल्म प्रोड्यूसर फिरोज नाडियाडवाला ने साल 2000 में रिलीज हुई फिल्म हेरा फेरी के कॉपीराइट और रीमेक राइट्स को लेकर मुंबई के अंबोली पुलिस स्टेशन में फ्रॉड की शिकायत दर्ज कराई है। इंडिया टुडे की रिपोर्ट के मुताबिक, नाडियाडवाला ने शिकायत में कहा कि विवाद साल 1989 की मलयालम फिल्म रामजी राव स्पीकिंग से जुड़ा है, जिस पर हेरा फेरी आधारित थी। उन्होंने दावा किया कि साल 2000 में उन्होंने सुरेश कुमार सिंघल से 4.5 लाख रुपए में कुछ रीमेक राइट्स कानूनी रूप से खरीदे थे। शिकायत में कहा गया कि फिल्म रिलीज से सात दिन पहले कुछ लोगों ने दबाव बनाकर उनसे पैसे ऐंठने की कोशिश की। नाडियाडवाला के अनुसार, उन्हें भारी इन्वेस्टमेंट और संभावित नुकसान के डर से पेमेंट करना पड़ा, जबकि कोर्ट ने उनके पक्ष में स्टे ऑर्डर दिया था। पुलिस ने केस दर्ज किया नाडियाडवाला ने यह भी आरोप लगाया कि 2022 में ओरिजिनल फिल्म से जुड़े पक्षों ने पहले से बिके राइट्स को दोबारा बेच दिया। शिकायत के आधार पर पुलिस ने गोपाला पिल्लई विजयकुमार और एम पॉल माइकल के खिलाफ केस दर्ज किया। इसके अलावा, दिसंबर 2024 में उन्हें एक लीगल नोटिस मिला, जिसमें फिर हेरा फेरी को गैर-कानूनी बताया गया और 60 लाख रुपए के साथ फिल्म के मुनाफे में 25% हिस्सेदारी की मांग की गई। नाडियाडवाला ने यह भी कहा कि उनकी कंपनी की पब्लिक लिस्टिंग प्रोसेस में बाधा डाली जा रही है और अक्षय कुमार, सुनील शेट्टी और परेश रावल के नाम का इस्तेमाल कर झूठी खबरें फैलाई गईं, जिससे उनकी प्रोफेशनल इमेज को नुकसान पहुंचा। मामले में पुलिस ने संबंधित पक्षों को पूछताछ के लिए बुलाने की तैयारी शुरू कर दी है।
मध्य प्रदेश के जबलपुर के बरगी डैम में गुरुवार शाम को हुए क्रूज हादसे के बाद एक्टर सोनू सूद ने सिस्टम की जवाबदेही पर सवाल उठाए। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर सोनू सूद ने लिखा, कुछ समय पहले मैंने बिहार नाव हादसे पर ट्वीट किया था और कहा था कि हर यात्री के लिए लाइफ जैकेट जरूरी होनी चाहिए। फिर वृंदावन में हादसा हुआ… और अब मध्य प्रदेश में भी, उसी तरह लोगों की जान चली गई। आखिर कब तक? अब समय आ गया है कि इसे सख्ती से लागू किया जाए: कोई भी नाव तब तक न चले, जब तक हर यात्री लाइफ जैकेट न पहने। उन्होंने आगे लिखा, साथ ही, एक सरकारी पोर्टल होना चाहिए, जहां हर यात्रा से पहले टाइम के साथ यह सबूत अपलोड हो कि सभी यात्रियों ने लाइफ जैकेट पहनी है। सिर्फ सख्त नियम और जवाबदेही ही लोगों की जान बचा सकते हैं। गुरुवार शाम पर्यटकों से भरा क्रूज डूब गया था जबलपुर में नर्मदा नदी पर बने बरगी डैम में गुरुवार शाम करीब 5 बजे MP टूरिज्म का पर्यटकों से भरा क्रूज डूब गया था। इस पर लगभग 47 पर्यटक सवार थे, जबकि टिकट सिर्फ 29 लोगों की ही कटी थी। हादसा किनारे से करीब 300 मीटर दूर हुआ। जिस समय क्रूज डूबा, उस वक्त हवा की रफ्तार करीब 74 किलोमीटर प्रति घंटा थी। बरगी सिटी सीएसपी अंजुल मिश्रा के मुताबिक SDRF ने कई लोगों को बचाया, लेकिन तेज हवा, अंधेरा और खराब मौसम के कारण राहत कार्य प्रभावित हुआ। हादसे में अब तक 9 लोगों के शव बरामद किए जा चुके हैं। तीन बच्चों समेत 4 लोग अभी भी लापता हैं, जिनका शुक्रवार देर शाम तक कोई सुराग नहीं मिल सका था। तेज बारिश के कारण शुक्रवार को सर्च ऑपरेशन रोकना पड़ा था। शनिवार सुबह 5 बजे से एक बार फिर सर्चिंग शुरू की जाएगी। देखिए, 6 तस्वीरें… प्रदेशभर में क्रूज संचालन पर रोक लगी हादसे के बाद प्रशासन ने प्रदेशभर में क्रूज संचालन पर रोक लगा दी है। क्रूज पायलट, हेल्पर और टिकट काउंटर प्रभारी समेत तीन लोगों की सेवाएं समाप्त कर दी गई हैं। मामले की जांच के लिए उच्च स्तरीय समिति गठित कर दी गई है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि इस मामले में दोषियों को किसी भी स्थिति में बख्शा नहीं जाएगा।
पाकिस्तानी पॉलिटिशियन नबील गबोल ने पाकिस्तान के ल्यारी इलाके पर आधारित एक फिल्म बनाने की बात कही। जिसका नाम ल्यारी का गब्बर होगा। सोशल मीडिया पर सामने आए एक वीडियो में नबील ने कहा कि अब मैं भारत को जो जवाब दूंगा। उन्होंने कहा, ल्यारी के खिलाफ ‘धुरंधर 1’ और ‘धुरंधर 2’ धुरंधर हैं। मैं उनको ‘धुरंधर 3’ बनाकर दूंगा, लेकिन उसका नाम धुरंधर नहीं होगा, बल्कि ‘ल्यारी का गब्बर’ होगा। उन्होंने आगे कहा, उन्होंने किससे पंगा लिया है? मुझसे। मैं कौन हूं? मैं नबील गबोल हूं, मैं राकेश बेदी नहीं हूं। मैं ऐसा जवाब दूंगा, जिसे आदित्य धर याद रखेंगे और मोदी, जिनके पैसों से आपने धुरंधर बनाई है, उन्हें भी पता चल जाएगा जब धुरंधर 3 आएगी। बता दें कि नबील गबोल फिल्म 'धुरंधर' और उसके सीक्वल 'धुरंधर 2' में उनके कथित चित्रण को लेकर चर्चा में हैं। धुरंधर ने 1,307 करोड़ रुपए कमाए थे धुरंधर 5 दिसंबर 2025 को ग्लोबली रिलीज हुई थी। फिल्म में रणवीर सिंह के साथ संजय दत्त, अक्षय खन्ना, आर. माधवन, अर्जुन रामपाल और सारा अर्जुन नजर आए थे। फिल्म आदित्य धर ने डायरेक्ट की थी। सैकनिल्क के अनुसार, धुरंधर ने भारत और अंतरराष्ट्रीय बॉक्स ऑफिस पर शानदार प्रदर्शन किया और दुनियाभर में करीब 1,307 करोड़ रुपए कमाए। भारत में फिल्म का ग्रॉस कलेक्शन 1,005.85 करोड़ रुपए रहा, जबकि नेट कलेक्शन लगभग 840 करोड़ रुपए हुआ। विदेशी बाजारों में भी फिल्म को जबरदस्त रिस्पॉन्स मिला। ओवरसीज में इसने करीब 299.5 करोड़ रुपए कमाए। अमेरिका और कनाडा में 193.06 करोड़ रुपए से ज्यादा की कमाई कर बाहुबली 2 का रिकॉर्ड भी तोड़ा। दूसरा पार्ट 19 मार्च को रिलीज हुआ था धुरंधर का दूसरा पार्ट ग्लोबली 19 मार्च 2026 को सिनेमाघरों में रिलीज हुआ था। फिल्म की अब तक की कुल दुनिया भर में कमाई 1,780.76 करोड़ रुपए हो चुकी है। भारत में फिल्म का कुल नेट कलेक्शन 1,132.94 करोड़ रुपए और कुल ग्रॉस कलेक्शन 1,356.01 करोड़ रुपए तक हो गया है। फिल्म ने अंतरराष्ट्रीय बाजारों से अब तक 424.75 करोड़ रुपए की कमाई की है। --------------------- धुरंधर से जुड़ी ये खबर भी पढ़ें… धुरंधर-2 ने पुष्पा-2 का रिकॉर्ड तोड़ा:तीसरी सबसे ज्यादा कमाई वाली भारतीय फिल्म बनी, ₹1748.91 करोड़ कलेक्शन; अब दंगल और बाहुबली-2 ही आगे रणवीर सिंह की धुरंधर 2 दुनियाभर में तीसरी सबसे ज्यादा कमाई करने वाली भारतीय फिल्म बन गई। धुरंधर 2 ने अल्लू अर्जुन की फिल्म पुष्पा 2 को पीछे छोड़ दिया। पूरी खबर यहां पढ़ें…
टीवी शो बिग बॉस 17 के विनर मुनव्वर फारूकी और उनकी पत्नी महजबीन शुकवार को एक बेटी हुई है। यह जानकारी मुनव्वर ने सोशल मीडिया पर शेयर की। मुनव्वर ने शुक्रवार को अपने ऑफिशियल इंस्टाग्राम अकाउंट पर पत्नी और नवजात बेटी की तस्वीरें शेयर कीं। हालांकि, उन्होंने तस्वीरों में चेहरों को सार्वजनिक नहीं किया। पोस्ट के साथ मुनव्वर ने लिखा, 'घर में बरकत आई। धन्य महसूस कर रहा हूं। अल्हम्दुलिल्लाह। दुआओं में खास याद रखना!' जैसे ही यह पोस्ट सामने आई, इंडस्ट्री की कई मशहूर हस्तियों ने उन्हें बधाई दी। कमेंट्स सेक्शन में वरुण धवन, जन्नत जुबैर, मिस्टर फैजू, रीम शेख और अली गोनी ने शुभकामनाएं दीं। मुनव्वर और महजबीन की शादी 2024 में हुई थी मुनव्वर ने मई 2024 में मेकअप आर्टिस्ट महजबीन कोटवाला से शादी की थी। यह उनकी दूसरी शादी थी, जिसे दोनों ने काफी प्राइवेट रखा था और उस समय ऑफिशियल अनाउंसमेंट नहीं की थी। फराह खान के व्लॉग में मुनव्वर ने अपनी शादी के फैसले पर बात करते हुए कहा था कि यह कदम उन्होंने अपने बेटे मिखाइल के लिए उठाया था। उनके अनुसार, बेटे के साथ समय बिताने के बाद उन्होंने जिम्मेदार पिता बनने का फैसला लिया। मुनव्वर ने यह भी बताया था कि महजबीन की एक 10 साल की बेटी है और दोनों का इमोशनल कनेक्शन जल्दी हो गया था। उन्होंने मिलने के अगले दिन ही शादी के लिए प्रपोज कर दिया था। मुनव्वर की पहली शादी साल 2017 में जैस्मिन नाम की महिला से हुई थी। यह एक अरेंज मैरिज थी। इस शादी से मुनव्वर को एक बेटा मिखाइल है। उनकी शादी लगभग 5 साल तक चली और 2022 में दोनों का आधिकारिक रूप से तलाक हो गया। वर्कफ्रंट की बात करें तो मुनव्वर ने आखिरी बार सोनाली बेंद्रे के साथ ‘पति, पत्नी और पंगा’ शो होस्ट किया था।
बॉलीवुड सिंगर अभिजीत भट्टाचार्य ने एकबार फिर शाहरुख खान पर निशाना साधा है। एक हालिया पॉडकास्ट में अभिजीत ने कहा कि उनके बीच आई दूरी की सबसे बड़ी वजह शाहरुख का 'ईगो' और उनका अपना 'सेल्फ-रिस्पेक्ट' है। अभिजीत भट्टाचार्य ने शाहरुख के साथ अपने खराब रिश्तों पर खुलकर बात की है। उन्होंने यह भी कहा कि शाहरुख ने उनसे आज तक एक बार भी माफी नहीं मांगी। शाहरुख ने कभी सॉरी नहीं कहापॉडकास्ट में निधि वासंदानी से बातचीत के दौरान अभिजीत ने कहा, शाहरुख का ईगो और मेरा स्वाभिमान ही इस दरार की वजह है। शाहरुख मुझसे उम्र में छोटे हैं, फिर भी जब फराह खान के पति ने उन्हें गाली दी, तब भी शाहरुख ने उन्हें गले लगाया। आमिर खान ने तो अपने कुत्ते का नाम शाहरुख रख दिया था, लेकिन फिर भी वे दोस्त बन गए। मुझे दुख इस बात का है कि वे इतने बड़े इंसान हैं, पर उन्होंने एक बार भी सॉरी नहीं कहा। 'अगली पीढ़ी शाहरुख को भूल जाएगी'अभिजीत ने सुपरस्टार्स की तुलना गायकों से करते हुए कहा कि आने वाली पीढ़ी एक्टर्स को नहीं बल्कि गायकों को याद रखती है। उन्होंने उदाहरण देते हुए कहा, आज लोग यह भी नहीं जानते कि राजेश खन्ना कौन थे, जबकि वे बहुत बड़े सुपरस्टार थे। लोग किशोर कुमार और रफी के गाने सुनते हैं, लेकिन उन्हें यह नहीं पता होता कि ये गाने राजेश खन्ना पर फिल्माए गए थे। अगली पीढ़ी यह नहीं जान पाएगी कि ये गाने शाहरुख पर थे, वे सिर्फ गायक को याद रखेंगे। 'मैं हूं ना' फिल्म से शुरू हुआ विवादविवाद की जड़ के बारे में बात करते हुए अभिजीत ने बताया कि फिल्म 'मैं हूं ना' के क्रेडिट्स में गायकों को सम्मान नहीं दिया गया था, जिससे उन्हें बहुत ठेस पहुंची। उन्होंने शाहरुख को 'कमर्शियल इंसान' बताते हुए कहा कि वे सफलता के रास्ते में किसी को भी हटा सकते हैं और लोगों का इस्तेमाल करते हैं। अभिजीत ने साफ किया कि उन्होंने शाहरुख के लिए गाना इसलिए बंद किया क्योंकि वे आहत महसूस कर रहे थे, यह कोई ईगो नहीं था।
फिल्म 'धुरंधर' की कहानी चुराने (प्लेगरिज्म) के विवाद में डायरेक्टर आदित्य धर को गुरुवार को दो अलग-अलग अदालतों से बड़ी राहत मिली है। कर्नाटक हाईकोर्ट ने फिल्म का सेंसर सर्टिफिकेट रद्द करने की मांग वाली याचिका को खारिज कर दिया। वहीं, बॉम्बे हाईकोर्ट में शिकायतकर्ता संतोष ने भरोसा दिलाया कि वह अब डायरेक्टर के खिलाफ कोई भी मानहानि वाला बयान नहीं देंगे। कर्नाटक HC ने शिकायत में नहीं पाया दमजस्टिस के एस हेमालेखा की सिंगल बेंच ने बेंगलुरु के स्क्रीनराइटर संतोष कुमार की याचिका को सिरे से खारिज कर दिया। संतोष ने मांग की थी कि फिल्म 'धुरंधर' का सीबीएफसी (CBFC) सर्टिफिकेट रद्द किया जाए क्योंकि यह उनकी ओरिजिनल स्क्रिप्ट 'डी-साहब' की नकल है। कोर्ट ने याचिका पर सुनवाई करते हुए कहा कि इस शिकायत में कोई मेरिट नहीं है। हालांकि, संतोष द्वारा हर्जाने को लेकर किया गया मुख्य केस अभी कोर्ट में पेंडिंग है। बॉम्बे हाईकोर्ट में दी गारंटीआदित्य धर ने संतोष कुमार के खिलाफ मानहानि का केस फाइल किया था। गुरुवार को बॉम्बे हाईकोर्ट में जस्टिस आरिफ डॉक्टर के सामने संतोष के वकील ने कहा कि संतोष अब डायरेक्टर के खिलाफ सार्वजनिक रूप से कोई आपत्तिजनक टिप्पणी नहीं करेगा। आदित्य के वकीलों ने उन्हें 'चोर' कहने पर माफी की मांग की थी, लेकिन संतोष की लीगल टीम ने इससे इनकार कर दिया। उनका कहना है कि वे कानूनी लड़ाई लड़ना जारी रखेंगे। क्या है पूरा विवाद?विवाद की शुरुआत 'धुरंधर' और इसके सीक्वल की रिलीज के बाद हुई। संतोष कुमार का दावा है कि फिल्म की कहानी उनकी रजिस्टर्ड स्क्रिप्ट 'डी-साहब' से भारी मात्रा में कॉपी की गई है। उन्होंने कहा कि उनकी स्क्रिप्ट स्क्रीनराइटर्स एसोसिएशन (SWA) में रजिस्टर्ड है। जब संतोष ने सार्वजनिक तौर पर आदित्य धर पर आरोप लगाए, तो डायरेक्टर ने पहले उन्हें कानूनी नोटिस भेजा और फिर बॉम्बे हाईकोर्ट में अपील की ।
प्रयागराज महाकुंभ की वायरल गर्ल ने डायरेक्टर सनोज मिश्रा और तीन अन्य के खिलाफ पॉक्सो एक्ट (यौन अपराधों से बच्चों का संरक्षण) में FIR कराई है। केरल की एर्नाकुलम सेंट्रल पुलिस ने केस दर्ज जांच शुरू कर दी है। एक पुलिस अधिकारी ने नाम न बताने की शर्त पर कहा- 29 अप्रैल को चार लोगों के खिलाफ केस दर्ज किया है। पीड़िता ने आरोप लगाया है कि जब वह नाबालिग थी, तब डायरेक्टर सनोज मिश्रा ने फिल्म 'द डायरी ऑफ मणिपुर' की शूटिंग के दौरान उसके साथ दुर्व्यवहार किया था। मिश्रा ने उसे एक्टिंग के मौके देने का झांसा देकर उसका शोषण किया। अधिकारी ने बताया कि कथित घटना केरल के बाहर हुई थी। यह मामला संबंधित पुलिस स्टेशन को सौंप दिया जाएगा। जानकारी के मुताबिक, पीड़िता ने मजिस्ट्रेट के सामने बयान भी दर्ज कराया है। आरोपियों में विहिप नेता और वकील अनिल विलायिल भी शामिल हैं। मिश्रा बोले- आरोप सोची-समझी साजिश उधर, फिल्म निर्देशक सनोज मिश्रा ने इन आरोपों को सोची-समझी साजिश बताया है। दावा किया कि उन्हें 'लव जिहाद' जैसे मुद्दों पर आवाज उठाने के कारण निशाना बनाया जा रहा है। बोले- नाबालिग से फर्जी कागजों के आधार पर शादी की डायरेक्टर सनोज मिश्रा ने वीडियो जारी कर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से न्याय की गुहार लगाई है। मिश्रा ने आरोप लगाया कि उनकी फिल्म की अभिनेत्री को बहला-फुसलाकर केरल पहुंचाया गया। नाबालिग लड़की से फर्जी कागजों के आधार पर शादी की गई। अब मामले में आवाज उठाने पर उन्हें ही झूठे केस में फंसाया जा रहा है। उन्होंने कहा- जिन लोगों पर अपहरण, दुष्कर्म और गलत जानकारी देने जैसे आरोप हैं, उनके खिलाफ कार्रवाई नहीं हो रही है। उल्टा मेरे खिलाफ ही पॉक्सो जैसी गंभीर धाराओं में FIR दर्ज कर दी गई। लड़की का परिवार मेरे साथ है। उसका दावा है कि लड़की से दबाव में बयान दिलवाए जा रहे हैं। सनोज ने कहा कि केरल पुलिस उन्हें तलाश रही है जबकि मुख्य आरोपी खुलेआम घूम रहा है। उसे शासन-प्रशासन का संरक्षण मिला हुआ है। कहा- मेरा परिवार परेशान, फिल्म का भविष्य भी संकट में सनोज मिश्रा ने भावुक होते हुए कहा कि इस लड़ाई के कारण उनका परिवार परेशान है। वे भारी कर्ज में हैं और उनकी फिल्म का भविष्य भी संकट में पड़ गया है। उन्होंने कहा कि उनकी मां बीमार हैं और घर में निराशा का माहौल है। मिश्रा ने कहा, “मैं अकेला लड़ रहा हूं, लेकिन सच एक दिन सामने आएगा। मुझे साधु-संतों का आशीर्वाद और लोगों की दुआएं मिल रही हैं।” वायरल गर्ल प्रेग्नेंट, पति ने कहा- पुलिस के सामने पेश नहीं हो सकती बता दें कि पीड़िता इन दिनों प्रेग्नेट है। उसके पति फरमान खान ने दावा किया है ऐसी हालत में वह यात्रा नहीं कर सकती और पुलिस के सामने पेश नहीं हो सकती। कोच्चि पहुंची मध्य प्रदेश पुलिस से फरमान ने कहा- डॉक्टरों ने स्वास्थ्य और गर्भावस्था को देखते हुए बेड रेस्ट की सलाह दी है। फिलहाल पुलिस दावे की जांच कर रही है। पुष्टि के लिए स्थानीय प्रशासन से मेडिकल सर्टिफिकेट मांगा जा सकता है। इस बयान से साफ है कि वायरल गर्ल लापता नहीं है और पति के साथ रह रही है। एमपी पुलिस अब तक नाबालिग होने के मामले में दोनों से पूछताछ नहीं कर सकी है। जन्मतिथि के दो अलग-अलग प्रमाण पत्र मिले थे कुंभ वायरल गर्ल की शादी शुरू से विवाद में है। पहले इसे ‘लव जिहाद’ बताया गया, फिर परिवार ने नाबालिग होने का दावा किया। जांच में महेश्वर नगर परिषद के जन्म प्रमाण पत्र में विसंगतियां मिली थीं। मेडिकल रिकॉर्ड के अनुसार उसका जन्म 30 दिसंबर 2009 को हुआ था। 11 मार्च 2026 को शादी के समय उसकी उम्र 16 साल, 2 महीने और 12 दिन थी। इसके बाद प्रशासन ने 1 जनवरी 2008 वाले पुराने प्रमाण पत्र को निरस्त करने के निर्देश दिए थे। परिजन ने कहा था- फरमान ने बहला-फुसलाकर शादी की वायरल गर्ल के माता-पिता की शिकायत है कि फरमान ने उसे बहला-फुसलाकर शादी के लिए राजी किया था। राष्ट्रीय अनुसूचित जनजाति आयोग (NCST) जांच में सामने आया कि शादी के समय वह नाबालिग थी। इसके बाद फरमान खान पर POCSO एक्ट के तहत केस दर्ज हुआ। इस मामले में बयान के लिए उसे पुलिस के सामने पेश होना था। फिलहाल, केरल हाई कोर्ट ने फरमान की गिरफ्तारी पर 20 मई तक रोक लगा रखी है। वायरल गर्ल ने माता-पिता पर प्रताड़ना के आरोप लगाए थे वायरल गर्ल ने केरल के थंपानूर पुलिस स्टेशन में बयान देकर माता-पिता पर प्रताड़ना के आरोप लगाए थे। उसने कहा था कि परिजन चाचा के लड़के से शादी का दबाव बना रहे थे, जबकि वह उसे भाई मानती है। मानसिक तनाव के दौरान फरमान ने उसका साथ दिया। नजदीकियां प्रेम में बदलीं तो दोनों ने केरल के एक मंदिर में स्थानीय लोगों की मौजूदगी में शादी कर ली। ये खबर भी पढ़ें… माता-पिता ने ही बनवाया था 'वायरल गर्ल' का फर्जी सर्टिफिकेट कुंभ वायरल गर्ल का फर्जी बर्थ सर्टिफिकेट उसके माता-पिता ने बनवाया था। भास्कर से बातचीत में उसकी मां ने यह खुलासा किया। मां ने कहा- मैं अनपढ़ हूं। जब बेटी और पिता उज्जैन में थे, तब एक शख्स घर आया। वह जिस कागज पर अंगूठा लगवाता, मैं लगा देती। पढ़ें पूरी खबर…
आदित्य धर की फिल्म ‘धुरंधर’ के दोनों पार्ट्स ने मिलकर वर्ल्डवाइड 3000 करोड़ रुपए का बड़ा कलेक्शन कर लिया है। इस बड़ी कामयाबी के बीच यामी गौतम ने पति और फिल्ममेकर आदित्य धर के व्यवहार और उनकी सोच को लेकर कई बातें साझा की हैं। यामी का कहना है कि इतनी बड़ी सफलता के बाद भी आदित्य के तेवर जरा भी नहीं बदले हैं और वे पहले की तरह ही विनम्र हैं। आदित्य पहले की तरह ही विनम्र यामी ने ग्राजिया इंडिया को दिए इंटरव्यू में आदित्य के बारे में कहा, एक इंसान के तौर पर हममें कुछ भी नहीं बदला है। इसकी वजह आदित्य की पर्सनैलिटी है। वह बिल्कुल भी दिखावा नहीं करते और बेहद विनम्र हैं। मैंने उन्हें लाइफ के अलग-अलग दौर से गुजरते देखा है। कई उतार-चढ़ाव और कमजोर पल भी आए, लेकिन हमने कभी अपनी निराशा बाहर नहीं निकाली। हम दोनों आध्यात्मिकता पर विश्वास रखते हैं और भगवान के शुक्रगुजार हैं। मां के सपोर्ट से कर पा रही हूं कामयामी ने मदरहुड और करियर के बैलेंस पर भी बात की। उन्होंने कहा, मां बनने के बाद मैं काम कर पा रही हूं, यह मेरे स्ट्रॉन्ग सपोर्ट सिस्टम की वजह से मुमकिन हुआ है। मुझे अपनी फैमिली और खासकर अपनी मां से बहुत मदद मिलती है। इतने छोटे बच्चे को सेट पर ले जाना सही नहीं होता है। बच्चा आपके दिल का टुकड़ा होता है, जब दोनों पेरेंट्स काम कर रहे हों तो उसे किसके भरोसे छोड़ेंगे? इसलिए फैमिली का साथ होना बहुत जरूरी है। अब बेटे को समय दे रहे हैं आदित्ययामी ने बताया कि फिलहाल वे काम में बिजी हैं और आदित्य की दोनों फिल्में रिलीज हो चुकी हैं, इसलिए अब आदित्य घर पर बेटे वेदविद के साथ वक्त बिता रहे हैं। उन्होंने कहा, हमारी और फैमिली की प्रायोरिटी हमेशा से बच्चा रहा है। बच्चे के लिए आप पहले से कुछ प्लान नहीं कर सकते, आपको बस फ्लो के साथ रहना पड़ता है। अभी आदित्य वेदविद के साथ रह सकते हैं, जो हमारे लिए सबसे बड़ी खुशी है।
एक्टर मिथुन चक्रवर्ती की बहु और टीवी शो 'अनुपमा' में काव्या का रोल निभाने वाली मदालसा शर्मा ने कास्टिंग काउच को लेकर खुलासा किया है। एक्ट्रेस ने बताया कि करियर के शुरुआती दिनों में एक नामी डायरेक्टर ने उनकी 'बॉडी लैंग्वेज' चेक करने के बहाने उनके सामने बिकिनी पहनने की डिमांड रखी थी। मदालसा ने उस वक्त डायरेक्टर पर गुस्सा हो गईं और मीटिंग छोड़कर बाहर निकल गईं। मीटिंग में की गई अजीब डिमांडमदालसा शर्मा ने हाल ही में 'द मेल फेमिमिस्ट' पॉडकास्ट में अपनी आपबीती सुनाई। उन्होंने बताया कि यह वाकया तब का है जब उनकी उम्र केवल 19 साल थी। एक नामी फिल्ममेकर ने उन्हें फिल्म के सिलसिले में मीटिंग के लिए बुलाया था। डायरेक्टर ने उनसे कहा कि वे फिल्म के लिए एक ऐसी लड़की की तलाश में हैं जो पर्दे पर बिकिनी पहनने में सहज हो। मदालसा ने बताया कि प्रोफेशनल तौर पर उन्हें इससे कोई दिक्कत नहीं थी, इसलिए उन्होंने हां कह दिया। एक्ट्रेस ने अपनाया कड़ा रुख बातचीत के दौरान डायरेक्टर ने मदालसा से कहा कि वह अभी उनके सामने बिकिनी पहनकर दिखाएं, क्योंकि वह उनकी 'बॉडी लैंग्वेज' देखना चाहते हैं। इस पर मदालसा ने कड़ा रुख अपनाया। उन्होंने डायरेक्टर से कहा, मैं एक प्रोफेशनल एक्ट्रेस हूं। अगर फिल्म के सीन की डिमांड है, तो मैं कैमरे के सामने बिकिनी या कुछ भी पहनने को तैयार हूं क्योंकि वह मेरी जॉब का हिस्सा है। लेकिन आपके सामने इस तरह कपड़े पहनना मेरे काम का हिस्सा नहीं है। मदालसा ने साफ शब्दों में कहा कि अगर उनके टैलेंट पर भरोसा है तो कास्ट करें, वरना उन्हें बाहर जाने का रास्ता पता है। बाद में पता चली फिल्म की सच्चाईमदालसा ने बताया कि वह तुरंत वहां से चली गईं। कुछ दिनों बाद जब उन्होंने उस फिल्म की कास्टिंग से जुड़ी खबरें पढ़ीं, तो उन्हें एक और सच पता चला। जिस लड़की को उस रोल के लिए चुना गया था, वह असल में उस डायरेक्टर को डेट कर रही थी। मदालसा ने कहा कि उस वक्त उन्हें समझ आया कि वहां प्रोफेशनल काम से ज्यादा कुछ और ही चल रहा था। साउथ फिल्मों से की थी करियर की शुरुआतमदालसा शर्मा ने अपने करियर की शुरुआत साल 2009 में तेलुगु फिल्म 'फिटिंग मास्टर' से की थी। इसके बाद उन्होंने कई साउथ इंडियन फिल्मों में काम किया। साल 2020 में उन्हें स्टार प्लस के शो 'अनुपमा' में काव्या के किरदार से घर-घर में पहचान मिली। हालांकि, कुछ समय पहले ही उन्होंने इस शो को अलविदा कह दिया है।
टीवी शो बिग बॉस 19 की कंटेस्टेंट और एक्ट्रेस कुनिका सदानंद ने हाल ही में वायरल हुए उनके दरगाह पर चादर चढ़ाने वाले वीडियो पर रिएक्शन दिया। दरअसल, कुनिका की एक पोस्ट में एक यूजर ने X पर कमेंट करते हुए एक्ट्रेस का वीडियो शेयर करते हुए लिखा कि मजार जाने वालों को मंदिर जाने वालों से दिक्कत होगी। तुम बस एक गुलाम हो, हम तुम्हारा दर्द समझ सकते हैं। दूसरा दर्द ये है कि कुमार सानू बीजेपी में शामिल हो गए। जवाब में कुनिका ने वीडियो शेयर किया इसके जवाब में कुनिका सदानंद ने एक वीडियो शेयर किया। इस वीडियो में वह भागवत कथा में शामिल होतीं और लोगों को खाना परोसती नजर आईं। साथ ही उन्होंने लिखा, ‘मैं मजार भी जाती हूं, मंदिर भी जाती हूं, चर्च और गुरुद्वारे भी जाती हूं और हां, भागवत कथा भी सुनती हूं।’ इससे पहले कुनिका सदानंद ने पीएम मोदी के वीडियो पर रिएक्ट करते हुए लिखा था, ‘यह बहुत ही बेकार बात है। मुझे शर्म आती है कि मेरे प्रधानमंत्री इन सब फालतू चीजों में व्यस्त हैं। मणिपुर के आसपास फुटबॉल खेलने का समय है, लेकिन मणिपुर जाने का समय नहीं है।’ उन्होंने आगे लिखा था, ‘आप क्यों डर रहे हैं, प्रधानमंत्री जी? अब आपके पास अपना मुख्यमंत्री है, वो आपकी सुरक्षा कर सकता है। ओह, मैं भूल गई… अगर आप जाएंगे तो आपसे प्रेस कॉन्फ्रेंस में सवाल पूछे जाएंगे, जिनका शायद आपके पास जवाब नहीं होगा। शर्म की बात है सर… क्या यही बदलाव का वादा आपने 12 साल पहले किया था?’
दीपिका पादुकोण अपनी दूसरी प्रेग्नेंसी के बीच किंग फिल्म की शूटिंग करती दिखाई दी हैं। शाहरुख खान और दीपिका पादुकोण की आने वाली फिल्म 'किंग' कुछ तस्वीरें सोशल मीडिया पर लीक हो गई हैं। ये तस्वीरें साउथ अफ्रीका के केपटाउन शेड्यूल की बताई जा रही हैं। इसमें शाहरुख और दीपिका एक म्यूजिक सीक्वेंस के लिए शूटिंग करते नजर आ रहे हैं। म्यूजिक सीक्वेंस शूट करते दिखे स्टार्सतस्वीरों में शाहरुख खान और दीपिका पादुकोण का लुक काफी कूल लग रहा है। दीपिका ने फ्लोरल प्रिंट का गाउन पहना हुआ है और वे सेट पर टहलती नजर आ रही हैं। वहीं, शाहरुख खान प्रिंटेड शर्ट में दिख रहे हैं, जिसके बटन उन्होंने खुले रखे हैं। बैकग्राउंड को देखकर लग रहा है कि यह किसी गाने की शूटिंग का हिस्सा है। इन तस्वीरों में सेट के बाकी क्रू मेंबर्स भी आसपास काम करते हुए दिखाई दे रहे हैं। प्रेग्नेंसी के ऐलान के बाद सामने आई तस्वीरेंये तस्वीरें ऐसे समय में सामने आई हैं जब दीपिका पादुकोण ने हाल ही में अपनी दूसरी प्रेग्नेंसी की जानकारी फैंस के साथ शेयर की है। दीपिका ने 19 अप्रैल को इंस्टाग्राम पर एक फोटो पोस्ट की थी, जिसमें उनकी बेटी दुआ उनकी गोद में बैठी है और हाथ में प्रेग्नेंसी टेस्ट किट पकड़े हुए है। फिल्म 'किंग' से जुड़ी खास बातें'किंग' फिल्म को सुजॉय घोष डायरेक्ट कर रहे हैं, जबकि सिद्धार्थ आनंद इसके प्रोड्यूसर हैं। इस फिल्म की सबसे खास बात यह बताई जा रही है कि इसमें शाहरुख खान के साथ उनकी बेटी सुहाना खान भी नजर आएंगी। केपटाउन के खूबसूरत लोकेशन्स पर फिल्म का एक बड़ा हिस्सा शूट किया गया है। शाहरुख और दीपिका की जोड़ी इससे पहले 'पठान', 'जवान', 'चेन्नई एक्सप्रेस' और 'ओम शांति ओम' जैसी ब्लॉकबस्टर फिल्में दे चुकी है। पिछली फिल्मों की सफलताशाहरुख खान ने साल 2023 में 'पठान' और 'जवान' जैसी फिल्मों के जरिए बॉक्स ऑफिस पर जबरदस्त वापसी की थी। 'पठान' में उनके साथ दीपिका पादुकोण लीड रोल में थीं और इस फिल्म ने दुनियाभर में 1000 करोड़ से ज्यादा की कमाई की थी। दीपिका भी हाल ही में ऋतिक रोशन के साथ फिल्म 'फाइटर' में नजर आई थीं।
महाराष्ट्र दिवस के मौके पर रिलीज हुई ‘राजा शिवाजी’ सिर्फ एक ऐतिहासिक फिल्म नहीं, बल्कि स्वराज्य और मराठा अस्मिता को महसूस कराने वाली कहानी है। रितेश देशमुख के निर्देशन में बनी यह फिल्म नई पीढ़ी को इतिहास से जोड़ने की कोशिश करती है और कई जगह इसमें ईमानदारी साफ नजर आती है। फिल्म को ज्योति देशपांडे और जेनेलिया देशमुख ने मुंबई फिल्म कंपनी के बैनर तले प्रोड्यूस किया है, और इसे जियो स्टूडियोज ने प्रस्तुत किया है। इस फिल्म की लेंथ 3 घंटा 15 मिनट है। इस फिल्म को दैनिक भास्कर ने 5 में से 4 स्टार की रेटिंग दी है। फिल्म की कहानी क्या है? फिल्म की कहानी अलग-अलग अध्यायों में आगे बढ़ती है, जहां छत्रपति शिवाजी महाराज के जीवन, संघर्ष और स्वराज्य के सपने को दिखाया गया है। इसमें सिर्फ बड़े युद्ध नहीं, बल्कि छोटे-छोटे पल, संस्कार, परंपरा और रिश्तों की अहमियत भी दिखाई गई है, जो इसे ज्यादा वास्तविक और भावनात्मक बनाते हैं। स्टारकास्ट की एक्टिंग कैसी है? रितेश देशमुख ने शिवाजी महाराज के किरदार को संतुलित और प्रभावशाली तरीके से निभाया है। संजय दत्त का अफजल खान शांत लेकिन खतरनाक लगता है। अभिषेक बच्चन ने संभाजी महाराज के रोल में भावनात्मक गहराई दिखाई है। फरदीन खान का शाहजहां शाही अंदाज में प्रभाव छोड़ता है। भाग्यश्री की जिजाऊ, सचिन खेड़ेकर,महेश मांजरेकर, जितेंद्र जोशी और अमोल गुप्ते सभी अपने-अपने किरदारों में मजबूती देते हैं। वहीं जेनेलिया देशमुख का भावनात्मक टच खासकर पारिवारिक दृश्यों में असर छोड़ता है। फिल्म में सलमान खान का कैमियो सरप्राइज फैक्टर जोड़ता है। फिल्म का डायरेक्शन और तकनीकी पहलू कैसा है? निर्देशन में रितेश देशमुख ने इस बड़े ऐतिहासिक विषय को भव्यता और संवेदनशीलता के साथ पेश किया है। फिल्म बड़े पैमाने का सिनेमाई अनुभव देती है, जिसमें मराठी और हिंदी दर्शकों को जोड़ने की साफ कोशिश दिखाई देती है और यही इसकी सबसे बड़ी ताकत बनती है। कुछ हिस्सों में फिल्म की लंबाई महसूस होती है, लेकिन भावनात्मक और युद्ध वाले दृश्य इसकी भरपाई कर देते हैं। फिल्म का म्यूजिक कैसा है? अजय-अतुल का संगीत फिल्म की जान है। बैकग्राउंड स्कोर कई दृश्यों को और ज्यादा असरदार और भावनात्मक बना देता है, जिससे फिल्म का प्रभाव लंबे समय तक बना रहता है। फाइनल वर्डिक्ट, देखें या नहीं? ‘राजा शिवाजी’ एक भव्य, भावनात्मक और विजुअली शानदार फिल्म है, जो इतिहास को सम्मान देने के साथ दर्शकों को स्वराज्य की भावना से जोड़ती है। दमदार अभिनय, मजबूत निर्देशन और शानदार म्यूजिक इसे बड़े पर्दे पर देखने लायक अनुभव बनाते हैं।
एक्ट्रेस हेमा मालिनी गुरुवार को अपने पति और एक्टर धर्मेंद्र को याद करते हुए भावुक हो गईं। मुंबई में एक इवेंट का वीडियो सामने आया, जिसमें हेमा मालिनी ने कहा, ‘उनका सफर पैशन, डेडिकेशन और ऑडियंस के लिए बहुत ज्यादा प्यार से भरा था। वो हमेशा यही कहते थे कि फिल्म दिल से जुड़ने का जरिया है। वह फिल्मों और कैमरे को लेकर पैशनेट थे। उनके लाइफ पार्टनर के तौर पर, मैंने देखा कि वह कितने पैशनेट थे और उन्होंने लाखों लोगों के दिलों को छुआ है और सबके साथ उनका व्यवहार ऐसा था।’ एक्ट्रेस ने आगे कहा, 'उन्होंने एक एक्टर, एक दोस्त, एक पिता के तौर पर बहुत से लोगों को, यहां तक कि यंगस्टर्स को भी इंस्पायर किया है। वह एक महान इंसान थे और मैं बहुत खुशकिस्मत थी कि उनके साथ रही। मुझे उनकी याद आती है। मुझे नहीं पता कि मैं उनके बिना जिंदगी कैसे जीऊंगी, लेकिन वह दूसरी बात है।' धर्मेंद्र का निधन पिछले साल हुआ था धर्मेंद्र का 24 नवंबर 2025 को 89 वर्ष की आयु में मुंबई में निधन हो गया। धर्मेंद्र के निधन के 3 दिन बाद हेमा मालिनी ने उनके लिए भावुक पोस्ट शेयर की थीं। उन्होंने कहा था कि धर्मेंद्र उनके लिए सब कुछ थे और उनके जाने से जो खालीपन पैदा हुआ, वो जिंदगीभर रहेगा। हेमा ने धर्मेंद्र के साथ तस्वीर शेयर कर भावुक होकर लिखा था- धर्म जी। वो मेरे लिए बहुत कुछ थे, एक प्यार करने वाले पति, हमारी दो बेटियों ईशा और अहाना के स्नेही पिता, एक मित्र, दार्शनिक, मार्गदर्शक, कवि, जरूरत के हर समय मेरे ‘गो-टू’ इंसान। सच कहूं तो, वे मेरे लिए सब कुछ थे। अच्छे और बुरे हर दौर में वे हमेशा मेरे साथ रहे। उन्होंने अपने सहज, दोस्ताना स्वभाव से मेरे परिवार के हर सदस्य का दिल जीत लिया था, हमेशा सभी को स्नेह और अपनापन देते हुए। आगे उन्होंने लिखा था, एक सार्वजनिक हस्ती के रूप में, उनकी प्रतिभा, उनकी लोकप्रियता के बावजूद उनका विनम्र स्वभाव, और उनका सार्वभौमिक आकर्षण, इन सब ने उन्हें एक ऐसा अनोखा और अतुलनीय आइकन बना दिया, जिसकी मिसाल शायद ही किसी दिग्गज में मिलती है। फिल्म इंडस्ट्री में उनकी कीर्ति और उपलब्धियां हमेशा याद रखी जाएंगी। मेरी निजी हानि शब्दों से परे है, और जो खालीपन पैदा हुआ है, वह मेरी पूरी जिंदगी के साथ रहेगा। सालों के साथ-सफर के बाद अब मैं सिर्फ अनगिनत यादों के सहारे उन खास पलों को फिर-फिर जिऊंगी। इसके अलावा हेमा मालिनी ने धर्मेंद्र के साथ बिताए कुछ यादगार पलों की तस्वीरें शेयर कर लिखा था, सालों की साथ-संगत, हमेशा हमारे लिए मौजूद रहे। कुछ खास पल।
ऑल इंडिया सिने वर्कर्स एसोसिएशन (AICWA) एक्टर राहुल रॉय के वायरल वीडियो की आलोचना के बीच उनके सपोर्ट में आया है। साथ ही एसोसिएशन ने पीएम नरेंद्र मोदी को पत्र लिखकर 60 साल से ज्यादा उम्र के कलाकारों के लिए पेंशन और मेडिकल इंश्योरेंस की मांग की बात कही है। AICWA ने अपने ट्वीट में लिखा, स्टार बनने का सफर समय के साथ बदलता रहा है। राजेश खन्ना से लेकर शाहरुख खान तक, और अब रणवीर सिंह जैसे कलाकार हर दौर के अपने आइकॉन रहे हैं। इनमें राहुल रॉय ने 1990 में आई फिल्म आशिकी की बड़ी सफलता से अपनी अलग पहचान बनाई और अपनी पीढ़ी का चेहरा बने। हाल ही में राहुल रॉय ने मशहूर गाने तेरे दर पर सनम पर एक वीडियो शेयर किया, लेकिन दुख की बात है कि कुछ लोगों ने उनका मजाक उड़ाया और ट्रोल किया। यह व्यवहार गलत और असंवेदनशील है। ट्वीट में आगे लिखा गया, उन्होंने कभी भी गंदे बोल, गानों को बिगाड़कर या भद्दे मजाक से पॉपुलैरिटी पाने की कोशिश नहीं की, जो आजकल आम हो गया है। राहुल रॉय ने हमेशा अपने काम में इज्जत और सच्चाई बनाए रखी है। उन्होंने ध्यान खींचने के लिए कभी किसी का मजाक नहीं उड़ाया और ना ही कला को बिगाड़ा। उनके शब्द उनकी ताकत, आत्मसम्मान और मुश्किल हालात के बावजूद काम करते रहने की सोच दिखाते हैं। एसोसिएशन ने यह भी कहा कि हमने माननीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिखकर 60 साल से ज्यादा उम्र के कलाकारों के लिए पेंशन और मेडिकल इंश्योरेंस शुरू करने की मांग की है। बॉलीवुड और क्षेत्रीय फिल्म इंडस्ट्री में कई सीनियर आर्टिस्ट उम्र बढ़ने के साथ काम कम मिलने पर आर्थिक और स्वास्थ्य समस्याओं से जूझते हैं। यह सच्चाई नजरअंदाज नहीं की जा सकती। एसोसिएशन ने बॉलीवुड से अपील की है कि राहुल रॉय को अच्छे प्रोजेक्ट्स में काम दिया जाए। फिल्म ‘आशिकी’ फेम राहुल रॉय ने हाल ही में एक कंटेंट क्रिएटर के साथ वायरल हुए वीडियो पर रिएक्ट करते हुए एक इमोशनल पोस्ट लिखी थी। एक्टर ने ऑफिशियल इंस्टाग्राम अकाउंट पर लिखा, मैं अपना काम ईमानदारी और विनम्रता के साथ करता हूं। मुझे कुछ लीगल मामलों के लिए पेमेंट करना है और ये आज के नहीं हैं, ये उस समय के हैं जब ब्रेन स्ट्रोक हुआ था, उससे पहले के। अगर आप मेरी सादगी का मजाक उड़ाते हैं या मेरे संघर्षों पर हंसते हैं, तो यह मेरे बारे में कम और आपके बारे में ज्यादा बताता है। उन्होंने आगे यह भी लिखा, अगर आप सच में इतने चिंतित हैं, तो मेरी मदद करें कि मुझे कोई सच्चा और अच्छा काम मिल सके, ताकि मैं इन मामलों का पेमेंट कर सकूं। कम से कम मैं मेहनत करके कमा रहा हूं, दूसरों का मजाक उड़ाकर नहीं और ब्रेन स्ट्रोक के बाद, मेरे लिए एक्टिव रहना जरूरी है। मैं जितने समय तक जीवित हूं, काम करना चाहता हूं। यह मेरे दिमाग को एक्टिव रखता है और मुझे उद्देश्य और जिम्मेदारी का एहसास कराता है कि मैं आज भी काम कर रहा हूं। हां, कभी-कभी थोड़ा दर्द हो सकता है, लेकिन आप मुझे तोड़ नहीं सकते। राहुल रॉय का यह वीडियो डॉ. वनिता घाडगे देसाई नाम के हैंडल से शेयर किया गया था। इसमें राहुल गाने ‘तेरे दर पे सनम’ पर कंटेंट क्रिएटर के साथ नजर आए। यह गाना 1993 की फिल्म ‘फिर तेरी कहानी याद आई’ का है, जिसमें राहुल के साथ पूजा भट्ट थीं। राहुल रॉय के सपोर्ट में उतरा बॉलीवुड वहीं, राहुल रॉय की पोस्ट पर कमेंट करके बॉलीवुड के कई सेलेब्स उनके सपोर्ट में आए। फिल्ममेकर फराह खान ने कमेंट करते हुए उन्हें 'गुड लक' कहा। वहीं, सोनू सूद ने राहुल को भाई बताते हुए लिखा,'कीप रॉकिंग ब्रदर'। एक्टर अनुपम खेर ने भी राहुल का हौसला बढ़ाते हुए उन्हें 'बेस्ट' बताया। वहीं, शिल्पा शिरोडकर ने कहा कि हमें वह करना चाहिए जो हमारे लिए जरूरी है, लोगों को बातें करने दें। इनके अलावा निकितिन धीर, टीना दत्ता, करणवीर बोहरा और माहिका शर्मा जैसे कलाकारों ने भी राहुल के लिए प्रार्थना की और उनके प्रति अपना प्यार जताया
बॉम्बे हाई कोर्ट के राजेश खन्ना के साथ अनीता आडवाणी के रिश्ते को शादी मानने से इनकार करने के बाद अब अनीता ने अपनी नाराजगी जाहीर की है। एक हालिया इंटरव्यू में उन्होंने कोर्ट के फैसले को 'न्याय का घोर मजाक' बताया है। अनीता ने साफ कर दिया है कि वह इस कानूनी लड़ाई से पीछे नहीं हटेंगी और अपनी गरिमा के लिए संघर्ष जारी रखेंगी। उन्होंने कहा कि वह उन लोगों में से नहीं हैं जो डरकर घर बैठ जाएं। दरअसल अनीता आडवाणी ने दावा किया था कि वह 10 साल से ज्यादा समय तक राजेश खन्ना के साथ लिव-इन रिलेशनशिप में थीं। उन्होंने इस रिश्ते को 'वैध विवाह' की मान्यता देने के लिए बॉम्बे हाई कोर्ट में अपील की थी। हालांकि, 1 अप्रैल 2026 को कोर्ट ने उनकी अर्जी खारिज कर दी। 'बिना मुकदमे के फैसला कैसे हो सकता है'अनीता आडवाणी ने कोर्ट के रुख पर निराशा जताई। उन्होंने कहा, मैं थकी नहीं हूं और कभी नहीं थकूंगी। मैं कायर या बिना रीढ़ वाले लोगों में से नहीं हूं जो अन्याय के खिलाफ चुप रहें। उन्होंने सवाल उठाया कि 14 साल बीत जाने के बाद भी उन्हें अपना पक्ष साबित करने का मौका क्यों नहीं मिला? अनीता के मुताबिक, बिना किसी प्रॉपर ट्रायल या गवाही के दीवानी मामले का फैसला सुना देना गलत है। घरेलू हिंसा कानून में पत्नी जैसा हक मांगाइंटरव्यू के दौरान अनीता ने अपनी कानूनी स्थिति को साफ किया। उन्होंने कहा, मैंने एक शादीशुदा के रूप में पत्नी बनने का हक मांगा था, न कि शादी का अधिकार। दोनों में अंतर है। उनके तर्क के मुताबिक, घरेलू हिंसा अधिनियम में लिव-इन रिलेशनशिप को पत्नी के बराबर मान्यता दी गई है। उन्होंने दावा किया कि अगर दो एडल्ट पति-पत्नी की तरह साथ रहते हैं, तो उन्हें विवाह के स्वरूप वाले संबंध में माना जाना चाहिए। 'अस्पताल में मिलने नहीं दिया, वसीयत भी गायब हो गई'अनीता ने राजेश खन्ना के आखिरी दिनों का दर्द भी साझा किया। उन्होंने आरोप लगाया कि सुपरस्टार के परिवार ने उन्हें अस्पताल में उनसे मिलने तक नहीं दिया। परिवार की ओर से दावा किया गया था कि राजेश खन्ना खुद उनसे नहीं मिलना चाहते, जिसे अनीता ने सरासर झूठ बताया। उन्होंने एक और बड़ा दावा करते हुए कहा कि राजेश खन्ना ने एक वसीयत बनाई थी, जिसमें उनका हक था, लेकिन वह गायब हो गई। प्राइवेट सेरेमनी में पहनाया था मंगलसूत्रअपने पुराने दावों को दोहराते हुए अनीता ने कहा कि सुपरस्टार के साथ उनका रिश्ता कोई छिपाने वाली बात नहीं थी। उन्होंने बताया कि घर के मंदिर में एक छोटी और निजी रस्म हुई थी, जिसमें राजेश खन्ना ने उन्हें सिंदूर लगाया और मंगलसूत्र पहनाया था। अनीता ने भावुक होते हुए कहा कि वह राजेश खन्ना के साथ उनके पैसे के लिए नहीं, बल्कि प्यार की वजह से थीं। उन्होंने कहा कि उनके साथ हुआ दुर्व्यवहार बहुत दर्दनाक था और वह सिर्फ अपना सम्मान वापस चाहती हैं।
‘धुरंधर’ से बड़ी पहचान बनाने वाली सिंगर जैस्मीन सैंडलस की जिंदगी सफलता के साथ संघर्ष और दर्द से भरी रही है। एक वक्त वह अंदर से टूट गई थीं और शराब की लत में फंस गई थीं। आज वह उस दौर पर पछतावा मानती हैं। अमेरिका में शुरुआती साल बेहद कठिन रहे। माता-पिता ने बेहतर भविष्य के लिए सबकुछ छोड़ दिया। पिता भारत में अच्छी नौकरी छोड़कर पेट्रोल पंप पर काम करने लगे, जबकि मां फैक्ट्री में मजदूरी करती थीं। परिवार ने गरीबी में दिन गुजारे। इन हालातो के बावजूद जैस्मीन ने म्यूजिक का साथ नहीं छोड़ा। ‘किक’ के गाने ‘यार ना मिले’ से उन्हें पहचान मिली, लेकिन ‘धुरंधर’ के गानों ने उन्हें नई ऊंचाई तक पहुंचाया। आज की सक्सेस स्टोरी में जानिए जैस्मीन सैंडलस के करियर और निजी जीवन से जुड़ी बातें… गायिकी की प्रेरणा मां से मिली जैस्मीन सैंडलस का जन्म 4 सितंबर 1985 को पंजाब के जालंधर में हुआ। वह साधारण पंजाबी परिवार से हैं। बचपन से उन्हें मां से गायिकी की प्रेरणा मिली, जो उन्हें गाने के लिए प्रोत्साहित करती थीं। स्कूल के दिनों से उन्होंने स्टेज पर गाना शुरू किया और कम उम्र में ही गाने लिखने लगी थीं। अमेरिका का सफर: बेहतर भविष्य की तलाश करीब 12-13 साल की उम्र में उनका परिवार कैलिफोर्निया शिफ्ट हो गया। शुरुआती समय में वे न्यूयॉर्क भी रहीं। उन्हें इंग्लिश नहीं आती थी, इसलिए लोकल स्कूल में एडमिशन लेना पड़ा। उनके पिता भारत में हाई-प्रोफाइल नौकरी में थे और लॉ स्कूल टॉपर थे, लेकिन बच्चों के बेहतर भविष्य के लिए सबकुछ छोड़ दिया। अमेरिका में संघर्ष: गरीबी, छोटे काम और मुश्किल हालात अमेरिका में परिवार ने मुश्किल हालात देखे। छह लोगों का परिवार एक छोटे कमरे में रहता था और फूड कूपन पर निर्भर था। पिता को छोटे काम करने पड़े, यहां तक कि पेट्रोल पंप पर भी काम किया। मां फैक्ट्री में मजदूरी करती थीं और चेरी तोड़ती थीं। पढ़ाई और म्यूजिक की ओर झुकाव जैस्मीन ने अमेरिका में पढ़ाई पूरी की। उन्होंने साइकोलॉजी में ग्रेजुएशन और प्री-लॉ की पढ़ाई की, लेकिन मन हमेशा म्यूजिक में रहा। जैस्मीन सैंडलस ने रणवीर अल्लाहबादिया के पॉडकास्ट में कहा- हम न्यूयॉर्क पहुंचे। मुझे इंग्लिश नहीं आती थी। जो भी लोकल स्कूल था, पापा ने हमें वहीं एडमिशन दिला दिया। हम एक छोटे अपार्टमेंट में रहते थे, जो गरीब परिवार के लिए था और हम छह लोग थे। पापा ने पूरी जिंदगी कुर्बान कर दी मेरे पापा इंडिया में हाई प्रोफाइल जॉब करते थे। वह लॉ स्कूल टॉपर थे, लेकिन अमेरिका जाने पर 3-4 साल पढ़ाई या नौकरी करनी पड़ती है। इसलिए पापा ने हमारे लिए अपनी पूरी जिंदगी कुर्बान कर दी। मुझे लगता है कि अमेरिका में उनकी पहली नौकरी पेट्रोल पंप पर थी, जहां वह पेट्रोल भरते थे। मुझे याद है, वह बर्फ में बैठे थे और पैरों में जूते नहीं थे। पूछने पर उन्होंने कहा कि बर्फ के जूते बहुत महंगे हैं। फूड कूपन से चलती थी जिंदगी हम उन घरों में रहते थे, जो गरीबी रेखा वालों के लिए होते हैं, इसलिए फूड कूपन मिलते थे। मेरी मां फैक्ट्री में काम करती थीं और चेरी तोड़ती थीं। वह वहां मजदूर के रूप में काम करती थीं। जब हम कैलिफोर्निया गए, तो मेरे पिता ने फिर से कानूनी पेशे में एंट्री की और इंटरप्रेटर बन गए। इसके बाद हमारी आर्थिक स्थिति बेहतर हो गई। रिश्तों में दरार, पिता का निधन और टूटता मन जैस्मीन ने माना कि उनके और माता-पिता के रिश्ते आसान नहीं रहे। वह कहती हैं- मेरे और परिवार के रिश्ते उतार-चढ़ाव भरे रहे हैं। बहुत कुछ अंदर ही अंदर मुझे तोड़ रहा था। मैं 23 साल की थी, तभी पिता का निधन हो गया। उस समय मैं करियर में ठीक कर रही थी, लेकिन अंदर से टूट गई थी। शराब की लत और पछतावा इस दर्द ने जैस्मीन को ऐसे दौर में धकेला, जहां उन्होंने खुद को खो दिया। वह कहती हैं- मैंने खुद को शराब में डुबो लिया था। मैं बहुत ज्यादा शराब पीती थी और आज भी पछतावा है। उस वक्त वही मेरे लिए सहारा था। मैं पूरी जिंदगी ऐसे सुकून और घर की तलाश में भटकती रही, जो बचपन में नहीं मिला। खुद को कमजोर और असहाय महसूस करने लगी थी मेरी मां और परिवार ने रिकवरी में बहुत मदद की। जब मैं टूट चुकी थी, तब भी उन्होंने मुझसे प्यार किया। मेरी सबसे बड़ी लड़ाई खुद से थी। उस समय मुश्किल होता था, क्योंकि दिन शुरू होते ही मैं पुरानी आदतों में फंस जाती थी। मैंने भगवान से प्रार्थना की- 'प्लीज मुझे बचा लो, मुझे बस एक और मौका दे दो। मैं बहुत बेबस महसूस कर रही थी। उस दौर से बाहर आने के लिए चीजों को ‘नहीं’ कहने की हिम्मत चाहिए होती है। परिवार का साथ जरूरी है, उनसे दूर मत भागिए। जब मैंने जिंदगी से जहरीली चीजें निकाल दीं, तो लगा जैसे नई जिंदगी मिल गई हो।' दिल्ली के क्लब्स से शुरू हुआ असली संघर्ष म्यूजिक इंडस्ट्री में पहचान बनाना आसान नहीं था। 2007 से 2010 के बीच उन्होंने दिल्ली के क्लब्स, कैफे और लोकल इवेंट्स में परफॉर्म किया। उस दौर में न बड़ा प्लेटफॉर्म था और न मजबूत सपोर्ट सिस्टम, लेकिन उन्होंने हार नहीं मानी। वह खुद गाने लिखतीं, कंपोज करतीं और रिकॉर्ड कर मिक्स CDs बनाती थीं। इन्हें 20 रुपए में बेचती थीं, ताकि ज्यादा लोग उनके संगीत तक पहुंच सकें। यही संघर्ष और मेहनत आगे उनके करियर की नींव बना। करियर की शुरुआत और पहला एल्बम जैस्मीन के करियर की शुरुआत 2008 में इंडिपेंडेंट गाने ‘मुस्कान’ से हुई, जिससे उन्हें पहचान मिली। इसी साल पहला एल्बम ‘द डायमंड’ रिलीज हुआ, जिसमें उनके वेस्टर्न-पंजाबी फ्यूजन को सराहा गया और म्यूजिक इंडस्ट्री में पहचान बनी। ‘गुलाबी’ से मिली पहचान, बना करियर का टर्निंग पॉइंट 2012 में रिलीज एल्बम ‘गुलाबी’ उनके करियर का बड़ा टर्निंग पॉइंट बना। इसमें उन्होंने रैपर बोहेमिया के साथ काम किया, जो उस समय इंटरनेशनल पंजाबी म्यूजिक इंडस्ट्री का बड़ा नाम थे। ‘गुलाबी’ एक म्यूजिक स्टाइल बनकर उभरा, जिसमें वेस्टर्न बीट्स और पंजाबी लिरिक्स का फ्यूजन था, जिसने युवाओं को आकर्षित किया। उनकी आवाज, बोल्ड स्टाइल और एटीट्यूड ने अलग पहचान दी। इस सफलता के बाद उन्हें ‘गुलाबी क्वीन’ का टैग मिला, जो आज भी उनकी पहचान है। इस गाने ने उन्हें भारत के साथ इंटरनेशनल ऑडियंस में भी पॉपुलर बना दिया। सलमान की ‘किक’ से मिला बॉलीवुड में बड़ा ब्रेक बॉलीवुड में जैस्मीन को बड़ा मौका 2014 में ‘किक’ से मिला, जिसमें सलमान खान लीड रोल में थे। इस फिल्म में उन्होंने यो यो हनी सिंह के साथ ‘यार ना मिले’ गाया। यह ट्रैक रिलीज होते ही चार्टबस्टर बना और पार्टी, क्लब व रेडियो प्लेलिस्ट का हिस्सा बन गया। गाने में उनकी आवाज ने अलग एनर्जी जोड़ी, जो दर्शकों को पसंद आई। इसकी सफलता ने उन्हें बॉलीवुड में पहचान दिलाई और बड़े प्रोजेक्ट्स के दरवाजे खोले। इसके बाद उन्होंने कई हिट गाने दिए और इंडस्ट्री में अलग जगह बनाई, जहां उनकी आवाज और स्टाइल पहचाने जाने लगे। हिट गानों से बनाई अलग पहचान जैस्मीन ने कई हिट गाने दिए हैं, जिनमें ‘स्ट्रीट डांसर 3D’ के ‘इलीगल वेपन 2.0’ और ‘सिप सिप’, ‘नाम शबाना’ का ‘बेबी बेशरम’, ‘मुंज्या’ का ‘तरस नी आया तुझको’, ‘रेड 2’ का ‘नशा’, ‘थामा’ का ‘पॉइजन बेबी’ और ‘इक्कीस’ का ‘बन के दिखा इक्कीस’ शामिल हैं। इसके अलावा उन्होंने कई पंजाबी फिल्मों और एल्बमों में भी आवाज दी है। उनके गानों में पंजाबी बीट्स और वेस्टर्न स्टाइल का फ्यूजन खास पहचान है। ‘धुरंधर’ और ‘धुरंधर 2’ से नई ऊंचाई फिल्म ‘धुरंधर’ और इसके सीक्वल ‘धुरंधर 2’ ने जैस्मीन के करियर को नई उड़ान दी। इन फिल्मों के गाने ‘शरारत’, ‘जाइए सजना’, ‘आरी आरी’ और ‘मैं और तू’ ने उन्हें फिर से सुर्खियों में ला दिया। खास बात यह रही कि उन्होंने एक गाने की रिकॉर्डिंग रिलीज वाले दिन सुबह तक पूरी की, जो उनके समर्पण और प्रोफेशनलिज्म को दिखाता है। उनकी आवाज और एक्सप्रेशन ने गानों को अलग पहचान दी, जिससे उनका क्रेज और बढ़ गया। ------------------------- पिछले हफ्ते की सक्सेस स्टोरी पढ़िए... दीपिका पादुकोण को हिट फिल्म के बाद भी ताने मिले:बोलने के तरीके का मजाक उड़ाया, डिप्रेशन का शिकार हुईं; नेटवर्थ ₹500 करोड़ से ज्यादा दीपिका पादुकोण ने 2007 में फिल्म ‘ओम शांति ओम’ से डेब्यू कर स्टारडम हासिल किया, लेकिन उन्हें आलोचना और तानों का सामना करना पड़ा। उनकी डायलॉग डिलीवरी और एक्सेंट का मजाक उड़ाया गया, जिससे वह मानसिक रूप से टूटने लगीं। करियर के पीक पर होने के बावजूद 2014 के आसपास वह डिप्रेशन का शिकार हुईं।पूरी खबर पढ़ें..
'आशिकी' फिल्म से फेमस हुए राहुल रॉय के मुश्किल वक्त में अब बॉलीवुड उनको सपोर्ट करता नजर आ रहा है। सोशल मीडिया पर उनकी कुछ रील्स का मजाक उड़ाए जाने के बाद जब राहुल ने अपनी आर्थिक तंगी और काम न होने का दर्द साझा किया। अब इंडस्ट्री के कई बड़े एक्टर्स ने खुलकर उनका समर्थन किया है। फराह खान से लेकर सोनू सूद तक, कई हस्तियों ने राहुल के प्रति अपना सम्मान और सपोर्ट जताया है। फराह खान और सोनू सूद ने बढ़ाया हौसलाराहुल रॉय के भावुक पोस्ट के बाद फिल्ममेकर फराह खान ने सबसे पहले कमेंट करते हुए उन्हें 'गुड लक' कहा। वहीं, सोनू सूद ने राहुल को भाई बताते हुए लिखा- 'कीप रॉकिंग ब्रदर'। एक्टर अनुपम खेर ने भी राहुल का हौसला बढ़ाते हुए उन्हें 'बेस्ट' बताया। 'मजाक उड़ाने के बजाय काम दिलाने में मदद करें'पूरा विवाद तब शुरू हुआ जब राहुल रॉय कंटेंट क्रिएटर डॉ. वनिता घाडगे के साथ कुछ इंस्टाग्राम वीडियोज में नजर आए। कुछ लोगों ने इन वीडियोज को 'अजीब' बताते हुए राहुल को ट्रोल करना शुरू कर दिया। इस पर राहुल ने जवाब देते हुए कहा, मैं फिलहाल आर्थिक तंगी और कुछ कानूनी मामलों से जूझ रहा हूं। मेरी सादगी का मजाक उड़ाने के बजाय अगर लोग मुझे काम दिलाने में मदद करें, तो वह ज्यादा बेहतर होगा। इन सितारों ने भी किया सपोर्ट राहुल के समर्थन में सपोर्ट करने वालों की लिस्ट कई बॉलीवुड एक्टर्स शामिल हैं। मनीष पॉल ने उन्हें 'सम्मान और पावर' भेजा। वहीं, शिल्पा शिरोडकर ने कहा कि हमें वह करना चाहिए जो हमारे लिए जरूरी है, लोगों को बातें करने दें। इनके अलावा निकितिन धीर, टीना दत्ता, करणवीर बोहरा और माहिका शर्मा जैसे कलाकारों ने भी राहुल के लिए प्रार्थना की और उनके प्रति अपना प्यार जताया। 2020 के ब्रेन स्ट्रोक के बाद से जारी है संघर्षराहुल रॉय का फिल्मी सफर काफी उतार-चढ़ाव भरा रहा है। 1990 में 'आशिकी' से मिली बेपनाह कामयाबी के बाद उनका करियर धीरे-धीरे धीमा पड़ता गया। 2007 में उन्होंने 'बिग बॉस' का पहला सीजन जीता, जिससे वे दोबारा चर्चा में आए। हालांकि, 2020 में कारगिल में एक फिल्म की शूटिंग के दौरान उन्हें ब्रेन स्ट्रोक आया था। लंबी रिकवरी के बाद राहुल अब ठीक हैं, लेकिन बॉलीवुड में दोबारा अपनी जगह बनाने के लिए वे अब भी संघर्ष कर रहे हैं।
दिल्ली हाई कोर्ट ने एक्ट्रेस करिश्मा कपूर के पूर्व पति और दिवंगत इंडस्ट्रियलिस्ट संजय कपूर की करीब 30 हजार करोड़ रुपए की संपत्ति बेचने पर रोक लगा दी है। कोर्ट ने संजय की संपत्तियों को सुरक्षित रखने का आदेश देते हुए उनकी तीसरी पत्नी, प्रिया सचदेवा कपूर को इन्हें बेचने रोका है। यह आदेश बॉलीवुड एक्ट्रेस करिश्मा कपूर के बच्चों, कियान और समायरा की याचिका पर दिया गया है। बच्चों ने लगाया वसीयत में जालसाजी का आरोपकरिश्मा कपूर के बच्चों कियान और समायरा ने कोर्ट में दावा किया है कि प्रिया सचदेवा ने उनके पिता की एक फर्जी वसीयत तैयार की है। बच्चों का आरोप है कि प्रिया ने कोर्ट में संपत्तियों की जो लिस्ट पेश की है, वह अधूरी है। उनके मुताबिक, इस लिस्ट में संजय की कई महंगी रोलेक्स घड़ियां, पोलो खेलने वाले कीमती घोड़े और करोड़ों की पेंटिंग्स का जिक्र नहीं किया गया है। बच्चों का कहना है कि संजय कपूर की कई अचल संपत्तियां भी इस सूची से बाहर रखी गई हैं। कोर्ट ने बैंक खातों पर भी लगाई रोकसुनवाई के दौरान दिल्ली हाई कोर्ट ने कहा कि संजय कपूर की संपत्ति को सुरक्षित रखा जाना जरूरी है ताकि उसे नष्ट न किया जा सके। कोर्ट ने प्रिया सचदेवा को किसी भी संपत्ति को बेचने से रोक दिया है और संजय के बैंक खातों के संचालन पर भी फिलहाल पाबंदी लगा दी है। कोर्ट ने कड़ी टिप्पणी करते हुए कहा कि अब यह साबित करने की जिम्मेदारी प्रिया की है कि वसीयत असली है। अगर अभी कार्रवाई नहीं की गई और बाद में वसीयत फर्जी निकली, तो यह बच्चों के साथ बड़ा अन्याय होगा। पूरे कपूर परिवार में चल रही है कानूनी जंगयह विवाद केवल बच्चों और प्रिया सचदेवा तक सीमित नहीं है। संजय कपूर की मां रानी कपूर और उनकी बहन मंदिरा कपूर के साथ भी प्रिया का विवाद चल रहा है। पिछले साल नवंबर में सुनवाई के दौरान बच्चों के पक्ष को लेकर तीखी बयानबाजी भी हुई थी, जिसमें उन्हें अमीर ओलिवर ट्विस्ट तक कह दिया गया था। कोर्ट ने साफ किया है कि फिलहाल संपत्तियों को सुरक्षित रखना प्राथमिकता है। लंदन में पोलो खेलते समय हुई थी मौतयह पूरा विवाद 2025 जून में संजय कपूर की मौत के बाद और गहरा गया। 53 साल के संजय कपूर की इंग्लैंड में एक पोलो मैच के दौरान कार्डियक अरेस्ट से मौत हो गई थी। रानी कपूर का कहना है कि बेटे की मौत के बाद उनकी तीसरी पत्नी प्रिया कपूर ने पूरी ग्रुप कंपनियों पर नियंत्रण कर लिया और उन्हें संपत्ति में कोई हिस्सा नहीं दिया। रानी कपूर अब अपनी संपत्ति और घर को सुरक्षित करने के लिए कानूनी सुरक्षा मांग रही हैं।
प्यार तूने क्या किया, दिल चाहता है और सिंघम जैसी फिल्मों में नजर आ चुकीं सोनाली कुलकर्णी 5 घंटे तक हाईवे में फंसी रहीं। तंग आकर एक्ट्रेस ने वीडियो जारी कर बताया है कि कैसे उन्हें ट्राफिक के चलते घंटों परेशान होना पड़ा। सोनाली ने ऑफिशियल इंस्टाग्राम अकाउंट से हाइवे में फंसे होने का वीडियो जारी किया है। इसमें उन्होंने कहा, ‘हैलो, मैं यहां मानखुर ब्रिज पर हूं, पूरे 5 घंटे हो चुके हैं। पूरे 5 घंटे से हम यहां फंसे हुए हैं, हम पुणे जा रहे हैं। आप मेरे पीछे और मेरे आगे ट्राफिक देख सकते हैं। हमने ट्राफिक कंट्रोल टीम को कॉल किया, वो कह रहे हैं, धैर्य बनाए रखें, ट्राफिक बहुत ज्यादा खराब है और उनका कहना है कि वो नहीं जानते कि ये दिक्कत कब दूर होगी। न हम आगे जा सकते हैं, न पीछे जा सकते हैं। प्लीज हमारे लिए दुआ करें। पुलिस, अगर आप दूसरी तरफ से आ सकते हैं, तो प्लीज मदद करिए और आगे के रास्ते की अपडेट दीजिए।’ आगे एक्ट्रेस ने कहा, ‘भूख लगी है, लेकिन हम बोल नहीं सकते हैं। मैं जानती हूं कि दूसरे लोग इससे भी बुरी स्थितियों में हो सकते हैं, लेकिन ये बहुत डरावना है। 5 घंटे सिर्फ एक ही पोजिशन में हैं।’ बता दें कि सोनाली कुलकर्णी ने साल 2001 की फिल्म दिल चाहता है से फेम हासिल किया था। फिल्म का गाना वो लड़की है कहां उन्हीं पर फिल्माया गया है। इसके अलावा एक्ट्रेस डरना मना है, दिल विल प्यार वार, वेल डन अब्बा, सिंघम जैसी कई फिल्मों में नजर आ चुकी हैं। कार्तिक आर्यन स्टारर फिल्म चंदू चैंपियन में एक्ट्रेस ने पत्रकार का किरदार निभाया था।
रणवीर सिंह और डायरेक्टर फरहान अख्तर की फिल्म 'डॉन 3' को लेकर एक रिपोर्ट में दावा किया गया है कि रणवीर इस फिल्म में हिंसा और गाली गलौज चाहते थे। फरहान के इस बात पर राजी ना होने से दोनों के बीच विवाद हुआ। करीब 3 साल पहले शुरू हुआ यह प्रोजेक्ट अब अधर में लटक गया है क्योंकि रणवीर सिंह ने कथित तौर पर इस फिल्म को छोड़ दिया है। मीडिया रिपोर्टस के मुताबिक रणवीर के फिल्म छोड़ने की वजह से फरहान अख्तर को करीब 40 करोड़ रुपए का नुकसान हुआ है। गाली-गलौज और हिंसा पर फंसा पेंच'फ्री प्रेस जर्नल' की एक रिपोर्ट के मुताबिक, रणवीर सिंह चाहते थे कि 'डॉन' का किरदार आज के दौर के हिसाब से ज्यादा हिंसक और डार्क हो। रणवीर का मानना था कि दर्शकों को पर्दे पर खून-खराबा और 'कड़ी भाषा' (गाली-गलौज) पसंद आ रही है। वे चाहते थे कि डॉन के डायलॉग्स में गालियों का इस्तेमाल हो, लेकिन फरहान अख्तर इसके सख्त खिलाफ थे। फरहान ने कहा- 'डॉन' गाली नहीं देताफरहान अख्तर ने रणवीर को समझाने की कोशिश की कि 'डॉन' फ्रेंचाइजी की एक अपनी गरिमा है। अमिताभ बच्चन और शाहरुख खान ने इस किरदार को कभी भी गालियों या बेमतलब की मार-काट के जरिए पेश नहीं किया। फरहान अपनी मूल सोच के साथ समझौता करने को तैयार नहीं थे। उनका तर्क था कि 'डॉन' एक स्टाइलिश और शातिर अपराधी है, न कि कोई सड़क छाप गुंडा। इसी बात को लेकर दोनों के बीच तीखी बहस हुई और आखिरकार रणवीर ने फिल्म से हाथ पीछे खींच लिए। क्यों शुरू हुआ विवाद? रणवीर और फरहान के बीच अनबन की शुरुआत दिसंबर 2025 में हुई। फिल्म 'धुरंधर' की रिलीज के बाद रणवीर सिंह ने अचानक 'डॉन 3' से वॉकआउट कर लिया। फरहान और उनके पार्टनर रितेश सिधवानी ने इस मामले को 'प्रोड्यूसर्स गिल्ड ऑफ इंडिया' के सामने रखा। मीटिंग में बताया गया कि फिल्म के प्री-प्रोडक्शन पर 40 करोड़ रुपए पहले ही खर्च हो चुके थे और रणवीर ने हर स्टेज पर स्क्रिप्ट को अपनी मंजूरी दी थी। प्रोडक्शन हाउस ने मांगा 40 करोड़ का मुआवजारणवीर के फिल्म छोड़ने के बाद फरहान की कंपनी ‘एक्सेल एंटरटेनमेंट’ ने उन पर भारी जुर्माने की मांग की है। प्रोडक्शन हाउस का कहना है कि फिल्म के प्री-प्रोडक्शन और शूटिंग शेड्यूल में बदलाव की वजह से उन्हें काफी नुकसान हुआ है, इसलिए रणवीर को 40 करोड़ का मुआवजा देना चाहिए। हालांकि, ताजा अपडेट के मुताबिक, रणवीर सिंह फिलहाल अपनी 10 करोड़ रुपए की साइनिंग अमाउंट लौटाने पर सहमत हो गए हैं।
ऋषि कपूर की छठी पुण्यतिथि पर उनकी बेटी रिद्धिमा कपूर साहनी ने दैनिक भास्कर से बातचीत में उनके जज्बे और जिम्मेदारी को याद किया। रिद्धिमा ने कहा कि पापा ने कभी हालात के आगे घुटने नहीं टेके। वो बीमारी में भी काम करते रहे, क्योंकि वह नहीं चाहते थे कि किसी प्रोड्यूसर को नुकसान हो। यह एक जिम्मेदार इंसान की पहचान थी। उन्होंने उनके परिवार के प्रति प्यार, ईमानदारी और काम के प्रति जुनून को याद किया। उन्होंने कहा कि आज भी पूरा परिवार उन्हें हर दिन याद करता है और उनकी सीख, मेहनत, विनम्रता और सच्चाई को जीवन में निभाने की कोशिश करता है। सवाल: ऋषि सर की सबसे पहली याद जो आपके मन में आती है, क्या है? जवाब: बहुत सारी यादें हैं, एक-दो में उन्हें समेटना मुश्किल है। हमारे जीवन में उनका प्रेजेंस ही सबसे बड़ी याद है। वो हमारी लाइफ में इतना पॉजिटिव इन्फ्लुएंस रखते थे कि आज भी हम उन्हें हर दिन महसूस करते हैं। हम रोज उनकी बातें करते हैं और फैमिली के साथ उनका जिक्र होता है। सच कहूं तो हम उन्हें हर दिन सेलिब्रेट करते हैं। उनकी पर्सनैलिटी लार्जर दैन लाइफ थी- काम के प्रति जुनून और परिवार के लिए गहरा प्यार। यही चीजें आज भी सबसे ज्यादा याद आती हैं। सवाल: पापा को एक इंसान के तौर पर कैसे याद करती हैं? जवाब: वो बहुत सच्चे इंसान थे। दिल के साफ थे। जो भी उनके दिल में होता था, वो बिना झिझक ज़ुबान पर ले आते थे। चीजों को घुमाते-फिराते नहीं थे। थोड़े मुंहफट थे, लेकिन वो उनकी ईमानदारी का हिस्सा था। उनकी सच्चाई और साफ दिल ही उनकी सबसे बड़ी पहचान थी। सवाल: बचपन की सबसे खास यादें कौन-सी हैं? जवाब: बचपन की कई यादें उनसे जुड़ी हैं। हम हर हॉलिडे और वेकेशन में साथ घूमने जाते थे। पापा शूटिंग ऐसे प्लान करते थे कि छुट्टियां साथ हों और हम साथ रह सकें। वो हर काम में हमें ध्यान में रखते थे और बच्चों को प्राथमिकता देते थे। हर वीकेंड, खासकर सैटरडे नाइट या संडे को, वो हमें लंच पर ले जाते, दिन साथ बिताते और मूवी दिखाते थे। वो हमारे साथ रैपिड फायर गेम खेलते थे। गाड़ी या ट्रैफिक में वो जनरल नॉलेज के सवाल पूछते थे। सही जवाब पर चॉकलेट मिलती थी। ये छोटे पल हमारे लिए बहुत खास हैं। सवाल: उनके जाने के बाद परिवार में सबसे बड़ा बदलाव क्या था? जवाब: बहुत बड़ा खालीपन आ गया था। ऐसा लगा जैसे सब कुछ रुक गया हो। उस समय हम अपने इमोशन्स से जूझ रहे थे, लेकिन फोकस मम्मी को संभालने पर था। हम उन्हें बिजी रखने की कोशिश करते थे- कभी बाहर ले जाकर, कभी बातों में उलझाकर। वो समय बहुत कठिन था, क्योंकि सब कुछ अचानक हुआ। आज भी हम उन्हें पास्ट टेंस में नहीं याद करते। हम कहते हैं कि वो “हैं”- वो आज भी हमें गाइड कर रहे हैं, प्यार कर रहे हैं और आशीर्वाद बनकर साथ हैं। सवाल: उनकी कौन-सी बात आज भी सबसे ज्यादा प्रेरित करती है? जवाब: वो हमेशा कहते थे कि सफलता का कोई शॉर्टकट नहीं होता। जीवन में कुछ हासिल करना है, तो मेहनत करनी पड़ेगी। किसी भी फील्ड में हों- एक्टिंग, डिजाइन, फैशन- हर जगह हार्ड वर्क जरूरी है। साथ ही, वो सिखाते थे कि जितना ऊपर जाओ, उतना ही जमीन से जुड़े और विनम्र रहो। सवाल: फिल्म इंडस्ट्री में उनके अनुभव से आपने क्या सीखा? जवाब: उनका काम के प्रति जुनून सबसे बड़ा सबक है। वो बीमार होने के बावजूद काम करते रहे। उन्हें बीमारी का पता था, लेकिन उन्होंने हार नहीं मानी। अगर उन्होंने कोई फिल्म साइन की होती थी, तो उसे पूरा करने की पूरी कोशिश करते थे, क्योंकि उन्हें लगता था कि उनके कारण किसी प्रोड्यूसर को नुकसान नहीं होना चाहिए। मुझे याद है, तबीयत खराब होने के बावजूद वो दिल्ली में ठंड में शूटिंग कर रहे थे। उन्हें काम से सच्चा प्यार था और वो आखिरी समय तक एक्टिंग करना चाहते थे। सवाल: क्या कोई ऐसा पल था जब आपने उन्हें पिता नहीं, बल्कि दोस्त की तरह महसूस किया? जवाब: हां, बिल्कुल। शादी के बाद हम और करीब हो गए थे। वो मुझे रोज कॉल और फेसटाइम करते थे। अगर मैं फोन नहीं उठाती थी, तो दो-तीन बार कॉल करके पूछते थे। मेरी बेटी समारा से भी उनका खास रिश्ता था। वो उससे वीडियो कॉल पर बात करते थे और उसे अलग-अलग नामों से बुलाते थे- जैसे “तेलू राम”, “बंदरी”। उनके लिए परिवार ही सब कुछ था। सवाल: कोई ऐसा किस्सा जो हमेशा याद रहेगा? जवाब: जब मैं फिल्म Kapoor Sons के सेट पर गई थी, तब मैंने पहली बार उनके काम करने का तरीका करीब से देखा। वो शॉट से पहले कुछ देर अकेले बैठते थे और अपने कैरेक्टर में ढलते थे। फिर तैयार होकर शॉट देते थे। उस दिन मैंने उनके डेडिकेशन और प्रोफेशनलिज्म को करीब से महसूस किया। सवाल: आपको कब एहसास हुआ कि पापा इतने बड़े स्टार हैं? जवाब: स्कूल में, जब टीचर्स और दोस्त उनके बारे में बात करते थे। जब हम बाहर जाते थे और लोग उनसे ऑटोग्राफ मांगते थे, तब समझ आया कि वो बड़े स्टार हैं। तब हमें समझाया गया कि लोग उन्हें इसलिए पसंद करते हैं क्योंकि वो फिल्मों में काम करते हैं और उनसे जुड़ाव महसूस करते हैं। सवाल: क्या आप आज भी उनकी किसी सलाह या सीख को याद करती हैं? जवाब: हार्ड वर्क, ईमानदारी और विनम्रता। वो कहते थे कि जो भी काम करो, पूरी ईमानदारी से करो और जितनी सफलता मिले, उतना विनम्र रहो। सवाल: आपके लिए उनकी सबसे बड़ी विरासत क्या है? जवाब: उनका प्यार और परिवार के प्रति समर्पण। दुनिया के लिए वो महान अभिनेता थे, लेकिन मेरे लिए वो हमेशा बेहतरीन पिता और सच्चे फैमिली मैन रहेंगे। सवाल: आज अगर पापा से कुछ कहना हो, तो क्या कहेंगी? जवाब: हम आपको हर दिन याद करते हैं, आपकी बातें करते हैं। ऐसा कोई दिन नहीं जाता जब आपका ज़िक्र न हो। हमें लगता है कि आप आज भी हमारे साथ हैं।
वर्ल्ड लाफ्टर डे (3 मई) के मौके पर नेटफ्लिक्स पर ‘द ग्रेट इंडियन कपिल शो’ का एक स्पेशल एपिसोड आने वाला है। इस एपिसोड में कपिल शर्मा के साथ समय रैना और रणवीर अलाहबादिया नजर आएंगे। यह स्पेशल एपिसोड 2 मई को नेटफ्लिक्स पर स्ट्रीम होगा। बता दें कि ‘इंडियाज गॉट लेटेंट’ विवाद के बाद समय और रणवीर पहली बार साथ किसी शो में साथ नजर आएंगे। शो का एक टीजर भी सामने आया है, जिसमें समय कहते हैं, ‘फ्रेंड्स, मैं आखिरकार अपने फेवरेट शो द ग्रेट इंडियन कपिल शो में आ रहा हूं, लेकिन मुझे नहीं बताया गया कि मेरे साथ कौन गेस्ट होगा। उन्होंने कहा कि अभी बताएंगे3, 2, 1।’ इसके बाद रणवीर एंट्री करते हैं। इस पर समय कहते हैं, ‘नो वे, ब्रो!’ समय रैना के शो में विवाद हुआ था गौरतलब है कि पिछले साल रणवीर जब समय के शो इंडियाज गॉट लेटेंट में आए थे, तब बहुत विवाद हुआ था। एपिसोड के दौरान रणवीर ने अश्लील और आपत्तिजनक जोक किया था। इसका वीडियो वायरल होते ही देशभर में विरोध हुआ। विवाद इतना बढ़ गया कि समय को अपने यूट्यूब चैनल से शो के सभी एपिसोड हटाने पड़े थे। विवाद के कारण समय रैना, रणवीर अलाहबादिया, आशीष चंचलानी, अपूर्वा मखीजा और जसप्रीत सिंह के खिलाफ महाराष्ट्र, असम (गुवाहाटी) और राजस्थान (जयपुर) में FIR दर्ज की गई थी। सुप्रीम कोर्ट ने इस पर सख्त रुख अपनाते हुए रणवीर के दिमाग को गंदा बताया और कहा कि ऐसी बातें समाज में शर्मिंदगी लाती हैं। कोर्ट ने उन्हें सार्वजनिक रूप से माफी मांगने का भी आदेश दिया था।
फिल्म ‘एक दिन’ को लेकर डायरेक्टर सुनील पांडे और म्यूजिक कंपोजर राम संपत ने दैनिक भास्कर से खास बातचीत की। दोनों ने बताया कि यह फिल्म उनके लिए सिर्फ एक प्रोजेक्ट नहीं, बल्कि एक भावनात्मक सफर है। सुनील के मुताबिक, उन्होंने ट्रेंड्स की बजाय कहानी की सच्चाई पर भरोसा किया, वहीं राम संपत ने इसे अपने करियर का माइलस्टोन बताया। उन्होंने कहा कि आमिर खान के साथ काम करने के लिए सच्चाई और मेहनत सबसे जरूरी है। फिल्म को आमिर खान प्रोड्यूस की है, जबकि जुनैद खान और साईं पल्लवी इसमें लीड रोल में हैं। सवाल: सुनील, आपके लिए फिल्म ‘एक दिन’ क्या है? जवाब/ सुनील पांडे: ‘एक दिन’ मेरे लिए सिर्फ एक फिल्म नहीं है, बल्कि एक एहसास है। यह एक ऐसी भावना है जिसे शब्दों में पूरी तरह बयां करना मुश्किल है। जब मैंने इस कहानी को पहली बार पढ़ा, तभी से यह मेरे अंदर बस गई। यह फिल्म मेरे दिल के बहुत करीब है और मेरे लिए एक बहुत बड़ी चीज है। मैं इसे सिर्फ कहानी या प्रोजेक्ट की तरह नहीं देखता, बल्कि एक अनुभव की तरह महसूस करता हूं। सवाल: राम, आपके लिए ‘एक दिन’ क्या मायने रखती है? जवाब/ राम संपत: मेरे लिए ‘एक दिन’ एक खास सफर और एक महत्वपूर्ण मुकाम है। मैंने अपने करियर में पहली बार किसी लव स्टोरी पर काम किया है, इसलिए इसका महत्व और बढ़ जाता है। सवाल: इस फिल्म से आपको एक कंपोजर के तौर पर क्या हासिल हुआ? जवाब/ राम संपत: हर संगीतकार का सपना होता है कि उसे एक खूबसूरत प्रेम कहानी पर काम करने का मौका मिले। इस फिल्म में मुझे वो मौका मिला और मैंने अपनी कई इच्छाएं पूरी कीं। हमारे देश के महान संगीतकार जैसे पंचम दा, मदन मोहन या नौशाद साहब की पहचान उनकी लव स्टोरीज के संगीत से बनी है। उसी तरह, ‘एक दिन’ मेरे लिए एक माइलस्टोन की तरह है, जहां मैंने अपने अंदर के कई संगीत भावों को खुलकर व्यक्त किया। सवाल: सुनील, आज के एक्शन और मसाला दौर में इतना सॉफ्ट और मासूम किरदार दिखाना रिस्क नहीं था? जवाब/ सुनील पांडे: देखिए, मेरे लिए सबसे जरूरी चीज कहानी की सच्चाई है। जब मैंने स्क्रिप्ट पढ़ी, तो मुझे यह कहानी बहुत ईमानदार और खूबसूरत लगी। उस समय मैंने यह नहीं सोचा कि आजकल क्या ट्रेंड चल रहा है या दर्शक क्या ज्यादा देखना पसंद कर रहे हैं। सवाल: क्या आपने मार्केट ट्रेंड को बिल्कुल नजरअंदाज किया? जवाब/ सुनील पांडे: हां, बिल्कुल। फिल्म बनाते समय मेरा पूरा फोकस इस बात पर था कि जो कहानी मुझे कागज पर पसंद आई, क्या मैं उसे उसी ईमानदारी से स्क्रीन पर ला पा रहा हूं या नहीं। ट्रेंड्स बदलते रहते हैं, लेकिन अच्छी कहानी हमेशा असर छोड़ती है। सवाल: जुनैद को इस किरदार के लिए क्यों चुना? जवाब/ सुनील पांडे: जुनैद इस किरदार में बिल्कुल फिट बैठे। उनके अंदर वही सादगी और मासूमियत है, जो इस किरदार की जरूरत थी। उन्होंने जिस तरह से परफॉर्म किया, उसमें एक सच्चाई और ईमानदारी दिखती है, और मेरे लिए वही सबसे अहम था। सवाल: राम, फिल्म का संगीत इतना इमोशनल और साइलेंस में भी असरदार कैसे बना? जवाब/ राम संपत: हम जब भी संगीत बनाते हैं, तो सबसे पहले स्क्रिप्ट को समझते हैं। हमारा मकसद होता है कि संगीत कहानी के साथ जुड़ा हुआ लगे, अलग से नहीं। अगर म्यूजिक स्क्रीनप्ले के साथ मिलकर चलता है, तभी वह दिल तक पहुंचता है। सवाल: गानों को तैयार करने की प्रक्रिया कैसी रही? जवाब/ राम संपत: हमने हर गाने पर बहुत मेहनत की। एक-एक गाने के कई वर्जन बनाए, अलग-अलग धुनें और आइडियाज ट्राई किए। उसके बाद बैठकर यह तय किया कि कौन सा गाना सबसे सही लग रहा है। यह एक लंबी लेकिन बहुत संतोष देने वाली प्रक्रिया थी। सवाल: इरशाद कामिल के साथ काम करने का अनुभव कैसा रहा? जवाब/ राम संपत: इरशाद कामिल जैसे लिरिसिस्ट के साथ काम करना बहुत खास होता है। वो उन भावनाओं को शब्द देते हैं, जिन्हें हम सीधे कह नहीं पाते। उनकी लिखी लाइनों में गहराई और सादगी दोनों होती है, जो इस फिल्म के म्यूजिक को और मजबूत बनाती है। सवाल: आज के दौर में 90 के दशक जैसा यादगार और दिल में बसने वाला संगीत बनाना कितना चुनौतीपूर्ण है? जवाब/ राम संपत: सच कहूं तो हम ट्रेंड्स के बारे में ज्यादा नहीं सोचते। आजकल बहुत सारा म्यूजिक ट्रेंड और स्टाइल के हिसाब से बनता है, लेकिन हम ईमानदारी और आत्मा वाले संगीत में विश्वास रखते हैं। सवाल: फिल्म के संगीत में सादगी क्यों रखी गई? जवाब/ राम संपत: हमने जानबूझकर संगीत को सरल रखा, ताकि कहानी और भावनाएं साफ-साफ सामने आएं। कई बार ऐसा हुआ कि मैं कुछ म्यूजिकल एलिमेंट जोड़ता था और सुनील उसे हटा देते थे। आखिर में जो बना, वह बहुत ही सादा लेकिन गहराई से भरा हुआ संगीत है, जैसे सिर्फ पियानो या गिटार के साथ। सवाल: सुनील, राम के साथ काम करने का अनुभव कैसा रहा? जवाब/ सुनील पांडे: राम सिर्फ एक बेहतरीन म्यूजिशियन ही नहीं, बल्कि एक शानदार स्टोरीटेलर भी हैं। मैंने उन्हें कभी यह नहीं बताया कि मुझे कैसा म्यूजिक चाहिए। मैंने सिर्फ कहानी, किरदार और सिचुएशन के बारे में बात की, और उन्होंने उसे अपने तरीके से संगीत में ढाल दिया। उनकी यही समझ इस फिल्म के म्यूजिक को खास बनाती है। सवाल: आप दोनों के बीच काम करते समय तालमेल कैसे बनता है? जवाब/ राम संपत: हम एक-दूसरे की पसंद और काम करने के तरीके को समझते हैं। जैसे सुनील अलग-अलग समय पर अलग तरह का संगीत सुनते हैं। कुछ गाने वो रात में सुनना पसंद करते हैं, कुछ दिन में। इन छोटी-छोटी बातों को समझकर हम म्यूजिक को और बेहतर बना पाते हैं। सवाल: आमिर खान के साथ काम करना कितना आसान या मुश्किल है? जवाब/ सुनील पांडे: वो बहुत समझदार और सहयोगी हैं। अगर आप अपनी बात सही तरीके से रखते हैं और उसमें दम होता है, तो वो जरूर सुनते हैं और मान भी जाते हैं। सवाल: राम, आप का आमिर के साथ काम करने का असली अनुभव क्या रहा? जवाब/ राम संपत: अगर आप मेहनती हैं और ईमानदारी से काम करते हैं, तो उनके साथ काम करना बहुत आसान है। लेकिन अगर आप शॉर्टकट लेने की कोशिश करेंगे, तो वो तुरंत पकड़ लेते हैं। उनके साथ काम करने के लिए सच्चाई और मेहनत सबसे जरूरी है।
हाल ही में नेपाल के एयरलाइन्स द्वारा भारत का गलत नक्शा दिखाया गया था, जिसके बाद एक्टर और राजनेता खेसारी लाल यादव ने एयरलाइन्स की आलोचना की थी। अब एयरलाइन द्वारा इस गलती पर माफी मांग ली है, जिसमें एक्टर ने फिरकी ली है। खेसारी लाल यादव ने आधिकारिक सोशल मीडिया अकाउंट से एयरलाइन के माफीनामे को री-पोस्ट कर लिखा है, ‘अंग्रेजी तो नहीं समझ पाए इतना भारी, लेकिन लगा की माफी मांग लिया गया है। हमार भाई।’ गलत नक्शा दिखाने पर एक्टर ने की एयरलाइन की आलोचना गुरुवार को नेपाल के एयरलाइन्स ने एक पोस्ट में भारत का गलत नक्शा दिखाया था। इसके बाद खेसारी लाल यादव ने सोशल मीडिया पर लिखा, ‘कोई बता पाएगा कि क्या सोच कर नेपाल एयरलाइंस ने भारत के नक्शे में ऐसी छेड़छाड़ की है और वो भी जम्मू कश्मीर को लेकर? ये मामूली बात नहीं है, जानबूझकर किया हुआ काम लगता हैं। इसको चिढ़ाना बोलते हैं।’ कुछ देर बाद एयरलाइन्स द्वारा पोस्ट डिलीट कर दी गई। इस पर एक्टर ने आगे लिखा, ‘माय डियर नेपाल एयरलाइन्स, पोस्ट डिलीट करके भाग जाने से काम नहीं चलेगा। जवाब देना पड़ेगा। माफी मांगिए या फिर मंशा बताइए की क्यों ऐसा किए? इतना शांत और अच्छा पड़ोसी आखिर किस मजबूरी में ऐसा गलती करने लगा?’ नेपाल एयरलाइन्स ने मांगी माफी कश्मीर की बॉर्डर को गलत तरह से दर्शाने के बाद नेपाल एयरलाइन्स ने पोस्ट डिलीट की और फिर माफी मांगते हुए लिखा, हम हाल ही में अपने सोशल मीडिया चैनलों पर साझा किए गए नेटवर्क मैप में हुई गलती के लिए ईमानदारी से क्षमा प्रार्थी हैं। उस मानचित्र में अंतरराष्ट्रीय सीमाओं से संबंधित गंभीर मानचित्रण त्रुटियां थीं, जो नेपाल या नेपाल एयरलाइंस की आधिकारिक स्थिति को प्रतिबिंबित नहीं करती हैं।
एक्टर मुकेश खन्ना ने रणवीर सिंह को एक बार फिर ‘शक्तिमान’ के रोल के लिए सही नहीं बताया। उन्होंने कहा कि रणवीर के चेहरे पर “नेगेटिविटी” दिखती है, इसलिए वे उन्हें इस किरदार में नहीं देखना चाहते, हालांकि उनकी एक्टिंग की तारीफ की। ‘धुरंधर’ और ‘धुरंधर 2’ में रोल के लिए रणवीर सिंह को इन दिनों काफी सराहना मिल रही है। दोनों ही फिल्मों ने बॉक्स ऑफिस पर शानदार प्रदर्शन किया। वहीं हिंदुस्तान टाइम्स के साथ बातचीत में जब मुकेश खन्ना से पूछा गया कि ‘धुरंधर’ देखने के बाद रणवीर सिंह को लेकर क्या उनकी राय बदली है, तो उन्होंने कहा, “सब लोग मुझे मनाने में लगे हैं कि फिल्म चल गई, अब रणवीर बहुत बड़े एक्टर बन गए हैं, लेकिन मैं शक्तिमान के लिए बड़ा स्टार नहीं चाहता। मुझे उस रोल के लिए एक खास इमेज चाहिए, जो मुझे रणवीर में नहीं दिखती। इसलिए मैंने इसका विरोध किया। मैं उनकी एक्टिंग के खिलाफ नहीं हूं।” किलविश के रोल के लिए सही बताया अपने विरोध की वजह बताते हुए खन्ना ने कहा, “वो (रणवीर सिंह) अलाउद्दीन खिलजी जैसा किरदार कर सकता है, ‘गली बॉय’ कर चुका है, ‘धुरंधर’ भी बहुत अच्छा किया है, मैंने उसकी तारीफ भी की, लेकिन मेरे लिए शक्तिमान बनने के लिए सिर्फ अच्छा एक्टर होना काफी नहीं है, एक खास चेहरा भी चाहिए। वो चेहरा शक्तिमान पर सूट करना चाहिए। मेरा विरोध सिर्फ इतना है कि उसकी आंखों में शक्तिमान दिखना चाहिए। जब वो खड़ा हो, तो उसमें कोई चालाकी नहीं दिखनी चाहिए। मैं रणवीर को किलविश (विलेन) के रोल में साइन कर सकता हूं, लेकिन शक्तिमान के लिए नहीं। उसके चेहरे पर नेगेटिविटी दिखती है, पॉजिटिविटी नहीं।” वहीं शक्तिमान पर फिल्म बनने को लेकर उन्होंने कहा, “फिल्म आनी चाहिए, जरूर आनी चाहिए। रुकावट के लिए खेद है। सब जानते हैं कि दिक्कत क्या है और मेरा विरोध क्या है।”
बीच सड़क पर नीतू कपूर और रणबीर ने किया डांस:साथ में पोज भी दिए, मां ने बेटे को गले लगाकर किया किस
एक्ट्रेस नीतू कपूर और उनके बेटे रणबीर कपूर बुधवार को पैपराजी के सामने साथ डांस स्टेप्स करते नजर आए। यह वीडियो तब का है जब मुंबई में दोनों एक साथ स्पॉट हुए और पैपराजी को पोज दिए और डांस स्टेप्स भी करते दिखे। नीतू ने बेटे को गले लगाया और उनके गाल पर प्यार से किस किया। इस दौरान रणबीर कपूर ब्लू डेनिम जींस और लेमन कलर की शर्ट में दिखे, जबकि नीतू कपूर डेनिम जींस, व्हाइट-ब्लू शर्ट और ब्लेजर में नजर आईं। दोनों के इस अंदाज पर यूजर्स ने प्रतिक्रिया देते हुए उनकी जोड़ी और बॉन्डिंग की तारीफ की है। नीतू कपूर फिल्म ‘दादी की शादी’ में आएंगी नजर गौरतलब, नीतू कपूर (नीतू सिंह) 70 और 80 के दशक की चर्चित अभिनेत्री रही हैं और उन्होंने ‘अमर अकबर एंथोनी’, ‘दीवार’ और ‘धर्मवीर’ जैसी कई हिट फिल्मों में काम किया है। 67 की उम्र में भी वे फिल्मों में एक्टिव हैं। जल्द ही वो फिल्म ‘दादी की शादी’ में नजर आएंगी, जो 8 मई 2026 को सिनेमाघरों में रिलीज होने वाली है। इस फिल्म में वह कपिल शर्मा के साथ मुख्य भूमिका में हैं। खास बात यह है कि इस फिल्म से नीतू सिंह की बेटी रिद्धिमा कपूर साहनी भी अपना एक्टिंग डेब्यू कर रही हैं। वहीं रणबीर कपूर के वर्कफ्रंट की बात करें तो वो डायरेक्टर नितेश तिवारी की फिल्म ‘रामायण’ में भगवान राम की भूमिका निभाते दिखेंगे और यह फिल्म दिवाली पर रिलीज होने वाली है। इसके अलावा वे संजय लीला भंसाली की फिल्म ‘लव एंड वॉर’ में आलिया भट्ट और विक्की कौशल के साथ नजर आएंगे। फिल्म 21 जनवरी 2027 को सिनेमाघरों में रिलीज होगी।
76 साल के एक्टर नाना पाटेकर का जिम में ट्राइसेप डिप्स करते वीडियो सामने आया है, जिसे फोटोग्राफर-प्रोड्यूसर अतुल कासबेकर ने हाल ही में इंस्टाग्राम पर शेयर किया। अतुल कासबेकर द्वारा पोस्ट की गई रील में नाना पाटेकर हल्के भूरे शॉर्ट्स और सफेद बनियान में नजर आते हैं। गले में गमछा डाले वे बिना किसी कठिनाई के ट्राइसेप डिप्स करते हैं और अंत में मुस्कुराते हैं। अतुल ने दावा किया कि नाना ने कुल 15 डिप्स किए, हालांकि रिकॉर्डिंग थोड़ी देर से शुरू हुई थी। अतुल ने पोस्ट के कैप्शन में उनकी फिटनेस की तारीफ करते हुए लिखा कि नाना ने उन्हें अपने फिटनेस गोल्स दोबारा तय करने पर मजबूर कर दिया। शिल्पा शेट्टी-बादशाह ने तारीफ की नाना का वीडियो सामने आने पर कई यूजर्स ने उनकी उम्र में इस लेवल की फिटनेस पर हैरानी जताई। कुछ सेलेब्स ने अपनी प्रतिक्रिया दी। शिल्पा शेट्टी ने क्लैप इमोजी के साथ उनकी फिटनेस की तारीफ की। सिंगर बादशाह ने OG लिखा। एक्टर राहुल देव और विनीत सिंह ने भी उनके फिटनेस लेवल की तारीफ की। नाना ने हाल ही में ओटीटी डेब्यू किया वर्क फ्रंट की बात करें तो नाना पाटेकर ने हाल ही में प्रकाश झा द्वारा निर्देशित वेब सीरीज 'संकल्प' के साथ अपना ओटीटी डेब्यू किया है। यह वेब सीरीज अमेजन एमएक्स प्लेयर पर 11 मार्च 2026 को रिलीज हुई थी। इसके अलावा नाना फिल्म ‘ओ रोमियो’ में भी नजर आए थे। फिल्म में उन्होंने इस्माइल खान नाम के एक पुलिस अधिकारी का किरदार निभाया था। मूवी 13 फरवरी को रिलीज हुई थी।
फिल्म ‘आशिकी’ फेम राहुल रॉय ने हाल ही में एक कंटेंट क्रिएटर के साथ वायरल हुए वीडियो पर रिएक्ट करते हुए एक इमोशनल पोस्ट लिखी। एक्टर ने ऑफिशियल इंस्टाग्राम अकाउंट पर लिखा, मैं अपना काम ईमानदारी और विनम्रता के साथ करता हूं। मुझे कुछ लीगल मामलों के लिए पेमेंट करना है और ये आज के नहीं हैं, ये उस समय के हैं जब ब्रेन स्ट्रोक हुआ था, उससे पहले के। अगर आप मेरी सादगी का मजाक उड़ाते हैं या मेरे संघर्षों पर हंसते हैं, तो यह मेरे बारे में कम और आपके बारे में ज्यादा बताता है। उन्होंने आगे यह भी लिखा, अगर आप सच में इतने चिंतित हैं, तो मेरी मदद करें कि मुझे कोई सच्चा और अच्छा काम मिल सके, ताकि मैं इन मामलों का पेमेंट कर सकूं। कम से कम मैं मेहनत करके कमा रहा हूं, दूसरों का मजाक उड़ाकर नहीं और ब्रेन स्ट्रोक के बाद, मेरे लिए एक्टिव रहना जरूरी है। मैं जितने समय तक जीवित हूं, काम करना चाहता हूं। यह मेरे दिमाग को एक्टिव रखता है और मुझे उद्देश्य और जिम्मेदारी का एहसास कराता है कि मैं आज भी काम कर रहा हूं। हां, कभी-कभी थोड़ा दर्द हो सकता है, लेकिन आप मुझे तोड़ नहीं सकते। राहुल रॉय का यह वीडियो डॉ. वनिता घाडगे देसाई नाम के हैंडल से शेयर किया गया था। इसमें राहुल गाने ‘तेरे दर पे सनम’ पर कंटेंट क्रिएटर के साथ नजर आए। यह गाना 1993 की फिल्म ‘फिर तेरी कहानी याद आई’ का है, जिसमें राहुल के साथ पूजा भट्ट थीं। राहुल रॉय का एक और वीडियो वायरल हुआ था इससे पहले भी राहुल रॉय का एक वीडियो वायरल हुआ था, जिसमें वह मुंबई के वर्सोवा इलाके में टूटी सड़क पर सूटकेस लेकर चलते दिखे थे। साधारण लुक की वजह से कई लोग उन्हें पहचान नहीं पाए थे। पूरी खबर यहां पढ़ें… राहुल रॉय को फिल्म आशिकी से पहचान मिली थीराहुल रॉय ने 1990 में फिल्म ‘आशिकी’ से डेब्यू किया था। इस फिल्म ने उन्हें रातोंरात स्टार बना दिया था। इसके बाद उन्होंने ‘सपने साजन के’ और ‘फिर तेरी कहानी याद आई’ जैसी फिल्मों में काम किया, जिनमें उनकी रोमांटिक इमेज देखने को मिली। हालांकि बाद की उनकी ‘गजब तमाशा’ और ‘गुमराह’ जैसी कई फिल्में चली नहीं और करियर धीमा पड़ गया। बिग बॉस से फिर मिली लोकप्रियताराहुल रॉय ने 2006 में टीवी शो ‘बिग बॉस’ का पहला सीजन जीतकर दोबारा लोकप्रियता हासिल की थी। इसके बाद उन्होंने फिल्म प्रोडक्शन में भी कदम रखा और फिल्म ‘एलान’ (2011) प्रोड्यूस की। हाल के कुछ सालों में उन्होंने ‘अदा... ए वे ऑफ लाइफ’, ‘टू बी ऑर नॉट टू बी’, और ‘आगरा’ जैसी इंडिपेंडेंट फिल्मों में काम किया। वो आखिरी बार 2023 में फिल्म ‘आगरा’ में दिखे थे।
30 अप्रैल 2020 आज से 6 साल पहले सुबह खबर आई कि ऋषि कपूर अब नहीं रहे। कुछ दिन पहले तक वो गंभीर हालत होने के बावजूद हॉस्पिटल स्टाफ को हंसाते तो कभी गाना सुना रहे थे। दैनिक भास्कर से बात करते हुए ऋषि कपूर की इकलौती बेटी रिद्धिमा कहती हैं, ‘सब अचानक हुआ, वो बहुत डरावना दिन था। अचानक एक खालीपन आ गया। एक सूनापन, उनकी जिंदगी उनकी मौजूदगी लार्जर देन लाइफ थी।’ ऋषि कपूर 3 साल के थे, जब वो पिता राज कपूर की फिल्म ‘श्री 420’ में चॉकलेट की लालच में नजर आए। तब से उनका सिनेमा से ऐसा रिश्ता जुड़ा, जो ताउम्र कायम रहा। 1973 की फिल्म ‘बॉबी’ से फिल्मों में आए ऋषि कपूर उर्फ चिंटू ने ‘रफूचक्कर’, ‘कर्ज’, ‘प्रेम रोग’, ‘चांदनी’ जैसी बेहतरीन फिल्में कीं। बढ़ती उम्र के साथ उन्होंने ‘अग्निपथ’, ‘स्टूडेंट ऑफ द ईयर’, ‘कपूर एंड संस’, ‘नमस्ते लंदन’, 102 नॉट आउट जैसी फिल्में कीं। रिद्धिमा कहती हैं, ‘उनमें सिनेमा के लिए जुनून था। बहुत पैशनेट थे। हम उनकी फिल्मों के सेट पर जाते थे। वो एक कोने में किरदार की तैयारी करते थे।’ जब हमने रिद्धिमा से पूछा कि उन्हें कब पता चला कि उनके पिता इतने बड़े स्टार हैं, तो जवाब में हंसते हुए उन्होंने कहा- ‘स्कूल में। जब टीचर हमें कहती थी कि हमने कल आपके पापा की फिल्म देखी, बड़ा मजा आया। फ्रेंड्स भी बोलते थे कि तुम्हारे पापा और मम्मा कितने फेमस हैं। जब हम खाने बाहर जाते थे तो भी इतने सारे लोग आकर ऑटोग्राफ लेते थे। तो हम सोचते थे कि इतनी सारी भीड़ क्यों इकट्ठा हो रही है? हम पूछते थे कि आप क्या लिख रहे हो, तो वो समझाते थे, हम एक्टर हैं, क्योंकि हम फिल्म में काम करते हैं।’ रिद्धिमा कहती हैं कि ऋषि कपूर भले ही एक स्टार थे, लेकिन परिवार के लिए वो एक बेहतरीन फैमिली मैन थे, जिनके लिए प्रायोरिटी हमेशा परिवार था। रिद्धिमा कहती हैं, ‘वो हमें बहुत वेकेशन पर ले जाते थे, जब शूटिंग करते थे, तो हमारी समर वेकेशन ऐसे प्लान करते थे कि काम भी हो जाए और घूम भी सकें। जो करते थे हमारे अराउंड करते थे। वो हमें सबसे पहले तवज्जो देते थे। उन्होंने परिवार को हमेशा प्रायोरिटी दी।’ ‘हमारी शनिवार को छुट्टी होती थी, वो शाम को बिजी रहते थे, तो हमें दिन में लंच पर ले जाते थे। उन्होंने एक गेम भी बनाया था, रेपिड फायर जैसा। कार में वो आगे और मैं, रणबीर, मम्मा पीछे बैठते थे। वो जल्दी-जल्दी 10 सवाल पूछते थे, सही जवाब देने वाले को ट्रीट मिलती थी।’ ऋषि कपूर का अचानक दुनिया से रुख्सत होना, परिवार के लिए जोरदार धक्का था। इस पर रिद्धिमा कहती हैं, ‘बहुत खालीपन महसूस होता है। इतना कि बता नहीं सकती। वो टाइम बहुत खराब था। मैं मम्मी (नीतू सिंह) के साथ थी। मेरी, रणबीर, आलिया की पहली प्रायोरिटी थी कि मम्मी ठीक हों। हम उनको बिजी रखते थे कि कैसे भी उन्हें बाहर ले जाना है, उन्हें डिस्ट्रैक्ट करना है, क्योंकि ये बहुत अचानक हुआ था। मैं एक्सप्रेस नहीं कर सकती। वो बहुत डरावनी फीलिंग थी। बहुत खालीपन हो गया। बहुत सूनापन। मैं आज भी कभी उन्हें पास्ट टेंस में रिफर नहीं कर पाती। मैं हमेशा बोलती हूं कि वो अभी हैं, हमें गाइड कर रहे हैं, हमें प्यार कर रहे हैं, आशीर्वाद दे रहे हैं।’ ‘मैं उनसे कई बातें करना चाहती हूं। मुझे कहना है कि हम सब आपको बहुत सेलिब्रेट करते हैं पापा। हम हर रोज फैमिली वीडियो कॉल पर आपकी बातें करते हैं कि अगर आप होते तो क्या बोलते, क्या करते। आज तक एक दिन भी ऐसा नहीं गया, जब आपकी बात न हो।’ बेटी रिद्धिमा के मुताबिक, पिता ऋषि कपूर लार्जर देन लाइफ जिंदगी जीते थे। इसका परिणाम वो किस्से हैं, जो उनकी बेबाकी, हाजिरजवाबी, गुस्से और मजेदार व्यक्तित्व को दर्शाते हैं। कभी उन्होंने अमिताभ को दिया जा रहा अवॉर्ड खरीदकर अपने नाम किया, तो कभी सलमान खान के पिता की धमकी का जवाब दिया। डिंपल कपाड़िया से अफेयर भी चर्चा में रहा और अंडरवर्ल्ड डॉन दाऊद इब्राहिम से हुई उनकी मुलाकात भी विवाद की वजह बनी। डेथ एनिवर्सरी के मौके पर ऋषि कपूर की जिंदगी से जुड़े कुछ बेहतरीन किस्से भी पढ़िए- किस्सा-1, चॉकलेट की लालच में 3 साल के ऋषि कपूर ने की एक्टिंग 4 सितंबर 1952 बॉम्बे के मटुंगा स्थित राज कपूर बंगलो में कृष्णा कपूर ने बेटे ऋषि को जन्म दिया। वो तीन भाइयों में मंझले थे। रणधीर कपूर (करीना-करिश्मा के पिता) बड़े थे और राजीव कपूर (छोटे)। पिता राज कपूर शोमैन थे। ऋषि महज 3 साल के थे, जब पिता राज कपूर, नरगिस के साथ श्री 420 बना रहे थे। फिल्म के मशहूर गाने प्यार हुआ इकरार हुआ में जब राज कपूर को चाइल्ड आर्टिस्ट की जरूरत पड़ी, तो वो अपने बच्चों को सेट पर ले आए। गहरी आंखें और चबी गाल वाले ऋषि हर किसी का ध्यान खींच लिया करते थे। सेट पर उन्हें दूसरे बच्चों के साथ बारिश में भीगना था, लेकिन नाजुक चिंटू जी के ऊपर जैसे ही बूंदें गिरतीं, वो रोना शुरू कर देते। कई बार शॉट खराब हुए और रील्स बर्बाद होने लगीं। तब नरगिस धीरे से उनके पास आईं और कहा, अगर वो बिना रोए शॉट पूरा करते हैं, तो वो उन्हें ढेर सारी चॉकलेट देंगी। खाने-पीने के शौकीन चिंटू राजी क्यों न होते। और इस तरह ऋषि कपूर ने 1955 की फिल्म श्री 420 से बतौर चाइल्ड एक्टर फिल्मों में एंट्री ली। किस्सा-2, कार में भरकर मुगल-ए-आजम के सेट पर ले जाते थे दादा पृथ्वीराज कपूर 1960 में आई फिल्म मुगल-ए-आजम में ऋषि कपूर के दादाजी पृथ्वीराज कपूर ने बादशाह अकबर का किरदार निभाया था। वो अकसर घर के सभी बच्चों को कार में भरकर सेट पर ले जाते थे। तब ऋषि कपूर 6 साल के थे। सारे बच्चे मधुबाला की खूबसूरती देख रहे थे, लेकिन ऋषि कपूर की नजरें दिलीप कुमार पर टिकी थीं। किस्सा- 3, राज कपूर ने सिगरेट पीते देख कर दी पिटाई करीब 15 साल की उम्र में दोस्तों की वजह से ऋषि कपूर को सिगरेट पीने की लत लग गई। वो मुंबई के चैंपियन स्कूल के बाहर कोकाकोला स्टैंड की दुकान से अहमद नाम के दुकानदार से सिगरेट लिया करते थे। एक समय में दुकान में उनकी 300 रुपए उधारी हो गई। एक दिन गुस्से में अहमद से कहा कि अगर उधारी नहीं चुकाई, तो वो राज कपूर को बता देंगे। एक दिन ऋषि कपूर पिता के मेकअप मैन के साथ सिगरेट के कश लगा रहे थे, तभी राज कपूर पहुंच गए। रंगे हाथों पकड़े जाने के बाद राज कपूर ने ऋषि कपूर को खूब पीटा। बता दें कि स्टार बनने के बाद ऋषि कपूर 300 रुपए उधार चुकाने गए थे, लेकिन तब अहमद ने पैसे नहीं लिए और उन्हें बस गले लगा लिया। किस्सा-4, डिंपल कपाड़िया को दी, गर्लफ्रेंड की दी हुई अंगूठी ऋषि कपूर को स्कूल के दिनों में पारसी यास्मीन नाम की लड़की से पहला प्यार हुआ। उन्होंने ही बॉबी से डेब्यू करने वाले ऋषि कपूर को वजन घटाने में मदद की थी। एक दिन यास्मीन ने ऋषि को एक अंगूठी गिफ्ट की, जो वो हमेशा पहने रखते थे। बॉबी की शूटिंग के समय ऋषि कपूर और डिंपल में गहरी दोस्ती हो गई। डिंपल अक्सर उनकी अंगूठी पहन लिया करती थीं। धीरे-धीरे वो अंगूठी डिंपल की ही हो गई। डिंपल को शादी के लिए प्रपोज करते हुए राजेश खन्ना ने ऋषि कपूर की वो अंगूठी उतरवाकर समुद्र में फेंकी और फिर अपनी अंगूठी पहनाई थी। तब रिपोर्ट्स आईं कि ऋषि ने ही वो अंगूठी डिंपल को पहनाई थी। यही वजह रही कि ऋषि कपूर की गर्लफ्रेंड यास्मीन ने उनसे ब्रेकअप कर लिया। डिंपल कपाड़िया और ऋषि की डेब्यू फिल्म बॉबी (1973) सुपरहिट रही थी। लेकिन फिर डिंपल ने राजेश खन्ना से शादी कर फिल्मों से ब्रेक ले लिया। किस्सा-5, पैसे देकर खरीदा पहला अवॉर्ड, अमिताभ से हुई अनबन फिल्म बॉबी (1973) के लिए ऋषि कपूर को फिल्मफेयर बेस्ट एक्टर अवॉर्ड मिला था। उस साल ऋषि के अलावा अमिताभ बच्चन भी फिल्म जंजीर के लिए नॉमिनेटेड थे। हर तरफ चर्चा थी कि अवॉर्ड अमिताभ को ही मिलेगा, लेकिन ऋषि कपूर ने 30 हजार रुपए में वो अवॉर्ड खरीद लिया। ऐसा उन्होंने पीआरओ तारकनाथ गांधी और अपने सेक्रेटरी घनश्याम के कहने पर लिया। जैसे ही अमिताभ बच्चन को पता चला कि ऋषि ने अवॉर्ड खरीदा है तो दोनों के बीच कोल्डवॉर छिड़ गई। ऋषि कपूर ने अपनी ऑटोबायोग्राफी खुल्लम-खुल्ला में लिखा कि उन्हें अवॉर्ड खरीदने का पछतावा था और शर्म थी। इसके बाद अमिताभ बच्चन उनसे नाराज हो गए थे। किस्सा- 6, फ्यूचर वाइफ नीतू सिंह से लगवाते थे एक्स गर्लफ्रेंड यास्मीन को कॉल, होटल में देख दिल टूटा ऋषि कपूर यास्मीन से रिश्ता बरकरार रखना चाहते थे। फिल्म जहरीला इंसान की शूटिंग के समय ऋषि, को-स्टार और दोस्त नीतू सिंह ने यास्मीन को कॉल लगवाते थे, लेकिन जवाब नहीं मिलता था। एक दिन ऋषि ताज होटल में थे, तभी उन्हें यास्मीन दिखीं, जो वहां, ऋषि के ही एक पुराने दोस्त के साथ आई थीं। ये देख ऋषि कपूर का दिल टूट गया। 2 हजार लेकर पहुंचे ऋषि कपूर ने 18 हजार रुपए की शराब पी ली। बाद में उनका मैनेजर से खूब झगड़ा हुआ। किस्सा-7, सलीम-जावेद ने दी थी करियर तबाह करने की धमकी, जवाब में कहा- करके दिखाओ जंजीर, शोले लिखने वाले सलीम-जावेद का 80 के दशक में बड़ा नाम था। हर कोई उनकी लिखी फिल्म करना चाहता था। एक बार राइटर जोड़ी ने ऋषि कपूर को फिल्म ऑफर की, जो उन्होंने ठुकरा दी। सलीम-जावेद इससे चिढ़ गए। एक दिन उनकी मुलाकात प्लेमेट क्लब में हुई। सलीम खान (सलमान के पिता) ने ऋषि को देखते ही कहा- तुम्हारी हिम्मत कैसे हुई हमारी फिल्म ठुकराने की। जवाब मिला- मुझे फिल्म पसंद नहीं आई। सलीम ने गुस्से में कहा- तुम जानते नहीं हो क्या कि इंडस्ट्री में आजतक हमें किसी ने इनकार नहीं किया। हम तुम्हारा करियर तबाह कर सकते हैं। ये सुनकर ऋषि कपूर ने कहा- आप मुझे बर्बाद करने के लिए क्या कर सकते हैं। सलीम ने कहा- तुम्हारे साथ कौन काम करेगा, क्या तुम जानते हो, हमने राजेश खन्ना को जंजीर ऑफर की थी, लेकिन उन्होंने फिल्म करने से इनकार किया था। हमने उनके साथ कुछ नहीं किया, बस उनकी जगह अमिताभ को ले आए, जिन्होंने उन्हें बर्बाद कर दिया। हम तुम्हारे साथ भी यही करेंगे। इस पर ऋषि कपूर ने कहा- गो अहेड (आगे बढ़ो) और मुझे बर्बाद करके दिखाओ। किस्सा-8ः दाऊद इब्राहिम ने कॉल कर चाय पर किया इनवाइट साल 1988 में ऋषि कपूर दोस्त बिट्टू आनंद के साथ आशा भोसले का प्रोग्राम अटेंड करने दुबई गए थे। एयरपोर्ट पर अचानक एक शख्स उनके पास आया और उन्हें मोबाइल थमाते हुए कहा, दाऊद साहब बात करेंगे। दाऊद ने कॉल पर कहा- किसी भी चीज की जरूरत हो तो बस मुझे बता देना। ये सुनकर ऋषि कपूर डर गए। कुछ समय बाद दाऊद इब्राहिम के राइट हैंड ने उनसे कहा कि दाऊद आपके साथ चाय पीना चाहते हैं। ऋषि कपूर इनकार नहीं कर सके। उसी शाम उनके होटल में एक रोल्स रॉय आई, जो उन्हें एक अनजान जगह ले गया। दाऊद ने ऋषि से मुलाकात की और कहा- मैं ड्रिंक नहीं करता इसलिए आपको चाय पर बुलाया। ये मुलाकात 4 घंटे चली। किस्सा- 9, नीतू के लिए गिफ्ट की जगह ले आए कुत्ते के बिस्कुट ऋषि कपूर ने 13 फिल्मों में को-स्टार रहीं नीतू सिंह से 1970 में शादी की थी। इस शादी से कपल को दो बच्चे बेटा रणबीर कपूर और बेटी रिद्धिमा कपूर हुई। एक बार ऋषि कपूर अमेरिका गए, तो नीतू सिंह ने फरमाइश कर कई चीजों की लिस्ट थमा दी। कुछ दिनों बाद ऋषि कपूर 3 सूटकेस के साथ लौटे। नीतू को लगा कि सूटकेस में उनकी चीजें होंगी, लेकिन असल में उनमें पातलु कुत्ते के बिस्कुट थे। इस बात से ऋषि-नीतू का खूब झगड़ा हुआ था। किस्सा-10, मूड खराब हुआ तो डायरेक्टर को हाईवे पर कार से उतारा ऋषि कपूर हमेशा से ही गुस्से के तेज थे। फिल्म की स्क्रिप्ट सुनने से पहले ही कह देते थे पहले मेरी शर्तें सुनो, मंजूर हो, तब ही बात आगे होगी। शर्त होती थीं, सुबह 10 से पहले रात 8 के बाद शूट नहीं करूंगा। नाइट सीन हो, तब भी दिन में सेट बनाकर करो। संडे शूट नहीं करूंगा। एक दिन फिल्म सिटी में शूटिंग करते हुए एक डायरेक्टर ने कहा कि वो उन्हें स्क्रिप्ट नरेशन देना चाहते हैं। वो बिजी थे, तो डायरेक्टर ने कि पैकअप के बाद जब आप घर निकलो, तो मैं रास्ते में मेकअप वैन में ही सुना दूंगा। वो मान गए। मेकअप वैन में ऋषि कपूर हमेशा, पीछे की तरफ कमरे में न बैठकर ड्राइवर के साथ आगे बैठते थे। क्योंकि उन्हें हिलते हुए रूम पसंद नहीं आते थे। लेकिन उस दिन ड्राइवर की वजह से उन्हें पीछे रूम में बैठना पड़ा। वो पहले ही चिढ़े हुए थे, तभी डायरेक्टर ने लगातार बोलना शुरू कर दिया। फिल्म में क्या अच्छा, कैसी होगी, हीरो क्या करेगा, वगैरह-वगैरह। मेकअप वैन हाइवे पर थी। फिल्म की ज्यादातर कहानी एक रात की थी, तो ऋषि कपूर का और इंट्रेस्ट कम हो गया, क्योंकि वो रात को शूट नहीं करते थे। तभी उन्होंने पूछा, सेट कहां होगा, तो डायरेक्टर ने काफी एक्साइटमेंट में कहा, ज्यादातर शूटिंग रोड में होगी। ये सुनते ही ऋषि कपूर और चिढ़ गए। उन्होंने तुरंत ड्राइवर को आवाज दी और कहा- गाड़ी रोको, और उस डायरेक्टर को हाईवे पर ही उतार दिया और वहां से निकल गए। 50 साल का करियर और 121 फिल्में- अपने 50 सालों के फिल्मी करियर में ऋषि ने तकरीबन 121 फिल्मों में काम किया। 1973 से 2000 के बीच ऋषि ने 92 रोमांटिक फिल्मों में काम किया जिनमें से 36 फिल्में सुपरहिट साबित हुईं। इनमें 'कर्ज', 'दीवाना', 'चांदनी', 'सागर', 'अमर अकबर एंथनी', 'हम किसी से कम नहीं', 'प्रेम रोग', 'हिना' जैसी फिल्में शामिल हैं। ………………………………………….. फिल्मी सितारों से जुड़ी ये खबरें भी पढ़िए- विनोद खन्ना की पुण्यतिथि, पिता ने पिस्तौल तानी:अमिताभ ने फेंका ग्लास, तो टांके आए: महेश भट्ट को धमकाया, आखिरी ख्वाहिश थी- पाकिस्तान जाना लंबी कद-काठी, गोरी रंगत और गहरी आंखें। 18 साल की उम्र में कॉलेज के दिनों में कई लड़कियां विनोद खन्ना के लुक की तारीफ करती नहीं थकती थीं। सबका एक ही सुझाव था, ‘हीरो जैसे लगते हो, फिल्मों में जाओ’, लेकिन विनोद के पिता चाहते थे कि बेटा पढ़ाई पूरी कर खानदानी टेक्सटाइल बिजनेस संभाले। विनोद का बागी रवैया तभी शुरू हो गया था, जब उन्होंने पिता के कहने पर कॉमर्स के बजाय साइंस चुना। एक रोज उनकी कॉलेज पार्टी में कुछ फिल्मी हस्तियां पहुंचीं, जिनमें उस दौर के नामी हीरो सुनील दत्त और उनकी दोस्त अंजू महेंद्रू भी थीं। वो देखना चाहते थे कि टीनएजर्स किस तरह पार्टी करते थे। पूरी खबर पढ़ें…

