फिल्म 'डॉन 3' विवाद में रणवीर सिंह के समर्थन में दिए गए कंगना रनोट के बयान पर FWICE के चीफ एडवाइजर अशोक पंडित ने रिएक्शन दिया। उन्होंने कहा कि कंगना बकवास करती हैं, इसलिए मैंने उन्हें बैन किया था। हिन्दुस्तान टाइम्स के साथ बातचीत में पंडित ने कहा, “इंडस्ट्री के बहुत से लोग हमें गालियां देने लगे हैं। कल कंगना ने भी कुछ कहा। लोग पूरे मामले को समझे बिना ही कमेंट कर रहे हैं। कंगना ने यह भी कहा कि मुझे इंडस्ट्री ने बैन कर दिया है। मैंने कहा, ‘तुम बेकार की बातें करती हो, इसलिए मैंने तुम्हें बैन किया था।” उन्होंने आगे कहा, मुझे इसकी परवाह नहीं है। यहां पूरी फिल्म इंडस्ट्री का बड़ा मुद्दा चल रहा है। तुम्हें तो असली मामला भी नहीं पता, फिर भी बोल रही हो। हम रणवीर के खिलाफ नहीं हैं। हम सिर्फ उस घटना की बात कर रहे हैं जो हुई है। रणवीर को लेकर कंगना ने क्या कहा था? रणवीर सिंह को मिलने नॉन-कोऑपरेशन को लेकर कंगना ने कहा था, “आप मुझसे यह सवाल पूछ रहे हैं, मुझे तो हर किसी ने बैन किया हुआ है। मैं यही कहना चाहूंगी कि जब आपकी हैसियत बढ़ती है, तो आपके दुश्मन भी बढ़ते हैं। ऐसा कभी नहीं हो सकता कि आपकी हैसियत बढ़े और दुश्मन न बढ़ें। आज रणवीर सिंह को सोचना चाहिए कि उनकी क्या हैसियत है कि उनके इतने दुश्मन बन गए हैं। यह एक तरह से अच्छा ही है।” कंगना ने अपनी जिंदगी का उदाहरण देते हुए आगे कहा था कि जब आप लाइफ में आगे बढ़ते हैं तो कई तरह की मुश्किलें आती हैं। उन्होंने कहा था, “मेरे साथ तो इतना सब कुछ हुआ है, लेकिन देखिए आज मैं अच्छा काम कर रही हूं। मेरी गाड़ी भी अच्छी चल रही है। इसलिए इन चीजों से कोई फर्क नहीं पड़ता है, समय के साथ सब कुछ ठीक हो जाएगा।” बता दें कि बुधवार को फेडरेशन ऑफ वेस्टर्न इंडिया सिने एम्प्लॉइज (FWICE) ने रणवीर सिंह के खिलाफ जारी नॉन-कोऑपरेशन डायरेक्टिव (NCD) को तत्काल प्रभाव से वापस ले लिया। रणवीर पर नॉन-कोऑपरेशन का फैसला FWICE ने वापस लिया FWICE ने प्रेस कॉन्फ्रेंस के बाद आधिकारिक बयान में कहा कि इंडियन मोशन पिक्चर प्रोड्यूसर्स एसोसिएशन (IMPPA) के हस्तक्षेप और अपील के बाद यह फैसला लिया गया है। अशोक पंडित बोले- बैन नहीं था अशोक पंडित ने कहा कि FWICE ने कभी भी रणवीर सिंह पर बैन नहीं लगाया था। उन्होंने मीडिया से अपील की कि इस मामले को बैन के तौर पर पेश न किया जाए, क्योंकि इससे कन्फ्यूजन पैदा होता है। पंडित ने यह भी कहा कि FWICE के पास किसी को बैन करने का अधिकार नहीं है। संगठन केवल नॉन-कोऑपरेशन यानी सहयोग न करने का फैसला ले सकता है। उनके मुताबिक, यह एक लोकतांत्रिक अधिकार है कि कोई तकनीशियन, वर्कर, निर्माता या कलाकार किसी व्यक्ति के साथ काम करना चाहता है या नहीं। पूरी खबर यहां पढ़ें…
शाहिद कपूर, कृति सेनन और रश्मिका मंदाना स्टारर फिल्म ‘कॉकटेल 2’ का ट्रेलर रिलीज हो गया है। फिल्म का निर्देशन होमी अदजानिया ने किया है, जिन्होंने 2012 में आई कॉकटेल का भी निर्देशन किया था। हालांकि यह फिल्म ‘कॉकटेल’ की सीधी कहानी को आगे नहीं बढ़ाती लेकिन इसकी थीम रिश्तों, दोस्ती और प्रेम के जटिल समीकरणों पर आधारित है। इस बार फिल्म में पूरी तरह नई स्टार कास्ट और नई कहानी देखने को मिलेगी। ट्रेलर में शाहिद, कृति और रश्मिका के किरदारों के बीच बनते-बिगड़ते रिश्तों को दिखाया गया है। कहानी एक ऐसे लव ट्रायंगल के इर्द-गिर्द घूमती है, जहां दोस्ती और प्यार की सीमाएं धुंधली होने लगती हैं। फिल्म आधुनिक रिश्तों की उलझनों और भावनात्मक संघर्षों को केंद्र में रखती है। फिल्म की कहानी तरुण जैन और लव रंजन ने लिखी है। इसका संगीत प्रीतम ने तैयार किया है, जबकि गीत अमिताभ भट्टाचार्य ने लिखे हैं। ट्रेलर में लोकप्रिय गीत ‘तुम्ही हो बंधु’ की वापसी भी देखने को मिलती है, जो सैफ अली खान स्टारर पहली फिल्म का चर्चित गाना था। फिल्म का निर्माण दिनेश विजान और लव रंजन ने किया है। शाहिद और कृति इससे पहले ‘तेरी बातों में ऐसा उलझा जिया’ में साथ नजर आ चुके हैं, जबकि रश्मिका पहली बार इस जोड़ी के साथ स्क्रीन साझा कर रही हैं। बता दें कि यह फिल्म 19 जून को सिनेमाघरों में रिलीज होगी। रिपोर्ट्स के अनुसार शाहिद और रश्मिका की जोड़ी ‘कॉकटेल 2’ के बाद फिर एक रोमांटिक कॉमेडी में नजर आ सकती है। हालांकि इसकी आधिकारिक घोषणा अभी बाकी है।
डायरेक्टर- प्रोड्यूसर और CBFC (सेंट्रल बोर्ड ऑफ फिल्म सर्टिफिकेशन) के अध्यक्ष रहे पहलाज निहलानी का 76 साल की उम्र में निधन हो गया है। वह कई दिनों से बीमार थे। FWICE के अध्यक्ष बीएन तिवारी ने उनके निधन की पुष्टि करते हुए उनके निधन का कारण हार्ट अटैक बताया है। पहलाज निहलानी की पॉपुलर फिल्में पहलाज निहलानी फिल्म प्रोड्यूसर हैं। उन्होंने शत्रुघ्न सिन्हा- रीना रॉय स्टारर 'हथकड़ी' (1982), गोविंदा- दिव्या भारती स्टारर 'शोला और शबनम' (1992), गोविंदा-चंकी पांडे स्टारर 'आंखें' (1993), अनिल कपूर- करिश्मा कपूर स्टारर 'अंदाज' (1994), अक्षय कुमार-करीना कपूर स्टारर 'तलाश' (2003), राय लक्ष्मी स्टारर 'जूली 2' (2017) और गोविंदा स्टारर 'रंगीला राजा' (2019) जैसी फिल्में बनाई हैं। एक नजर पहलाज निहलानी के करियर पर- पहलाज निहलानी ने 1982 में बतौर प्रोड्यूसर पहली फिल्म हथकड़ी बनाई और यहीं से उनके फिल्मी सफर की शुरुआत हुई। इसके बाद 1985 में उनकी दूसरी फिल्म आंधी-तूफान रिलीज हुई, जिसने उन्हें बॉलीवुड में एक निर्माता के रूप में पहचान दिलाई। साल 1986 में उन्होंने फिल्म इल्जाम बनाई, जिससे गोविंदा ने बॉलीवुड में डेब्यू किया। फिल्म हिट रही और गोविंदा को देशभर में पहचान मिली। इसके अगले ही साल 1987 में आई आग ही आग के जरिए चंकी पांडे ने बॉलीवुड में कदम रखा। इसी साल निहलानी ने गुनाहों का फैसला भी बनाई। 1990 के दशक में पहलाज निहलानी ने शोला और शबनम और आंखें जैसी सुपरहिट फिल्मों का निर्माण किया। खासकर आंखें उस दौर की सबसे बड़ी ब्लॉकबस्टर फिल्मों में से एक साबित हुई और इसने उनकी सफलता को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाया। खून की उल्टियां होने पर, 5 साल पहले 28 दिनों तक एडमिट रहे थे पहलाज निहलानी को 5 साल पहले खून की उल्टियां हुई थीं, जिसके बाद वो 28 दिनों तक मुंबई के नानावटी अस्पातल में भर्ती रहे थे। उन्होंने एक इंटरव्यू में कहा था, एक रात अचानक से 3 बजे मुझे बेचैनी होने लगी और खून की उल्टियां भी हुईं। मुझे अस्पताल में भर्ती होने की सलाह दी गई। यह क्रोनिक फूड पॉइजनिंग का मामला था। लेकिन इमरजेंसी थी। शुरुआत में मुझे 5-6 दिनों तक आईसीयू में भर्ती रखा गया। “जब मैं आईसीयू से बाहर आया तो सोचा कि 2-3 दिन में मैं घर चला जाऊंगा। लेकिन लंबे समय तक मेरा टेम्प्रेचर कम नहीं हुआ। मुझे बुखार आ रहा था और शाम के वक्त पेट में भी बहुत दर्द हो रहा था। डायग्नोसिस बढ़ता गया और यह चिंता का विषय बन गया।” गोविंदा को दिया था करियर का पहला बड़ा ब्रेक गोविंदा ने पहलाज निहलानी की फिल्म इल्जाम से बॉलीवुड डेब्यू किया था। आगे उन्होंने पहलाज निहलानी के साथ आंखें, शोला और शबनम जैसी ब्लॉकबस्टर फिल्मों में काम किया। कुछ समय पहले ही उन्होंने लर्न फ्रॉम द लीजेंड के पॉडकास्ट में गोविंदा पर बात करते हुए कहा था, ‘फिल्म आंधी तूफान के बाद मैं मिथुन चक्रवर्ती और शत्रुघ्न के साथ एक फिल्म बनाना चाहता था। लेकिन उस समय मिथुन और शत्रुघ्न 4-4 शिफ्ट करते थे। इस वजह से हमारी नहीं बनी। फिर रीक्कू राकेश, गोविंदा को मेरे पास लेकर आए। फोटोग्राफ भी लेकर आए, लेकिन मुझे पसंद नहीं आए। उसका लुक पसंद नहीं आया।’ 'अगले दिन वो मेरे पास वीडियो कैसेट लेकर आया, जिसमें उसके डांस थे। उस समय ब्रेक डांस माइकल जैक्सन की वजह से पॉपुलर थे। उसने मुझे कैसेट दिखाया, तो मैंने पूछा क्या-क्या आता है। मुझे उसका चेहरा पसंद नहीं था, लेकिन उसका डांस और एक्शन पसंद आया। मेरी स्टोरी पूरी एक्शन थी, तो मैंने उससे एक दिन मांगा। मैं लंदन जा रहा था, तो मैं उससे कहकर गया कि तुम अपनी तैयारी करो।' आगे उन्होंने कहा, 'लंदन में छुट्टियों के समय मैंने कहानी पूरी की। फिर मैंने उसमें डांस डाला। आज की डेट में उसके जितना टैलेंटेड कोई एक्टर नहीं है। हालांकि उस समय वो एडवोकेट के रोल में, इंसपेक्टर के रोल में फिट नहीं होता था, हाइट की वजह से। लेकिन अब वो स्टार हो गया, स्टार से तो कुछ भी करवा लो।' गोविंदा के पास काम नहीं था, तो दी गई शोला और शबनम उसी पॉडकास्ट में पहलाज निहलानी ने आगे कहा, 'गोविंदा के पास काम नहीं था, तब शोला और शबनम हमने शुरू की तो उससे पहली बार कॉमेडी रोल करवाया। फिर जब काम नहीं था उसके बाद तब फिल्म आंखें करवाई। दोनों फिल्मों में एकदम अलग रोल था।’ पहलाज निहलानी ने कहा था- गोविंदा इनसिक्योर है जब पहलाज निहलानी से पूछा गया कि क्या गोविंदा के नेगेटिव एटीट्यूड की वजह से कई प्रोड्यूसर और डायरेक्टर उनके साथ काम नहीं करना चाहते थे, तो इसके जवाब में उन्होंने कहा, ‘जब सक्सेस मिलती है, तो आदमी हर दर्द सह लेता है, लेकिन जब सक्सेस की सीढ़ी से नीचे उतरते हैं तो तकलीफ होती है। गोविंदा में वो प्रॉब्लम शुरू से थी। क्योंकि वो खुद को इनसिक्योर मानता था।' 'उसके पिता बहुत बड़े हीरो रहे हैं महबूब खान के। बड़ी-बड़ी पिक्चरें की, अच्छे प्रोड्यूसर भी रहे, नुकसान हुआ। इसके बाद उसने इतना दर्द सहा, बहुत सारी चीजें उसके हाथ से निकल गईं, स्ट्रगल करना पड़ा। वो सारी चीजें उसके अंदर थीं। वो इनसिक्योरिटी रहती हैं। उसे था कि कहीं से पैसे आ जाएं। उसके पास भाई-बहन की जिम्मेदारियां थीं। वो पैसे में उलझा रहता था, उसे करना भी सब था।’ 'इस वजह से उसका एटीट्यूड ऐसा हो गया था। जब काम और प्रेशर बहुत हो जाता है, तो आप छोड़ नहीं सके, तो चीजें बढ़ गईं। फिर आदत बन गई, वहमी हो गया। जब नहीं चलता आदमी तो सब उसे डैमेज करते हैं, वर्ना गोविंदा जैसा हीरो ढूंढने पर नहीं मिलेगा।' दिव्या भारती को चोट लगी, तो रोक दी थी शूटिंग पहलाज निहलानी ने दिव्या भारती के साथ फिल्म शोला और शबनम की थी। एक इंटरव्यू में उन्होंने दिव्या भारती के डेडिकेशन से जुड़ा किस्सा शेयर किया और बताया कि कैसे उन्हें दिव्या भारती की चोट के चलते एक्ट्रेस के इनकार के बावजूद शूटिंग रोकनी पड़ी थी। पहलाज निहलानी ने कहा था, 'शोला और शबनम' के दौरान हम 20 घंटे शूटिंग करते थे। हम सुबह से शूटिंग शुरू करते थे और उसके बाद बैक टू बैक सीन, फिर डांस और फिर दूसरे सीन शूट होते थे। एक दिन मुझे याद है हम ऊटी में शूट कर रहे थे और दिव्या का पैर एक कील पर पड़ गया। उन्होंने किसी को कुछ नहीं बताया।' ‘मैं मॉनिटर के पास खड़ा था जब दिव्या शूट के लिए वापस आईं। उन्होंने किसी को पता नहीं चलने दिया कि उन्हें चोट लगी है। मैं भी नहीं समझ पाया फिर उन्होंने मुझसे रुमाल मांगा और अपने पैर में हुए जख्म पर बांध लिया। मैंने उनसे पूछा कि क्या हुआ तो वो कुछ नहीं बोलीं लेकिन मैंने उनके पैर से खून बहता देखा तो फिर तुरंत पैक अप करवा दिया।’ इनकार के बावजूद जबरदस्ती सेट पर पहुंची थीं दिव्या भारती आगे उन्होंने कहा था, 'पैकअप के बावजूद वो शूटिंग करने पर अड़ी रहीं, मुझसे देखा नहीं जा रहा था लेकिन इतनी चोट लगने के बावजूद उनके चेहरे पर कोई शिकन नहीं थी। मैंने फाइनल पैक अप किया और प्रोडक्शन वालों को इन्फॉर्म कर दिया कि अगले दिन शूटिंग नहीं होगी लेकिन दिव्या नहीं मानीं। मैंने उनकी मां को कह दिया था कि अगले दिन दिव्या को शूटिंग पर ना भेजें ताकि वो रेस्ट कर सकें। लेकिन सुबह छह बजे, दिव्या सेट पर आ गईं और हाउस-कीपिंग से चाबी लेकर मेरे पास पहुंचीं और कहा, 'चलो उठो, आप अब तक सो क्यों रहे हो'? वो अपनी वजह से शूट कैंसिल नहीं करना चाहती थीं और फिर वो शूटिंग करके ही मानीं। उनके साथ मेरी कई बेहतरीन यादें हैं।' रीटेक से झल्ला उठे धर्मेंद्र, पहलाज से कहा था- क्या मैं न्यूकमर हूं 1987 की धर्मेंद्र स्टारर फिल्म आग ही आग को पहलाज निहलानी ने प्रोड्यूस किया था, जबकि इसके डायरेक्टर शिबू मित्रा थे। शूटिंग के दौरान धर्मेंद्र को एक सीन के लिए 15 रीटेक देने पड़े, जिससे वो चिढ़ गए और डायरेक्टर को खूब खरी खोटी सुनाई। इस फिल्म में उनके साथ शत्रुघ्न सिन्हा, नीलम कोठारी, चंकी पांडे और गुलशन ग्रोवर समेत कई एक्टर नजर आए थे। डायरेक्टर को सुनाने के बाद धर्मेंद्र ने सेट पर सबके सामने गुस्से में पहलाज निहलानी से कहा था- ‘पहलाज, क्या मैं कोई न्यूकमर हूं, जो मुझसे टेक पर टेक करवा रहे हो।’ 2015-17 तक CBFC के चीफ रहे, कई आरोप लगे पहलाज निहलानी 2015 से 2017 तक CBFC के चीफ रहे हैं। कई लोगों ने उन पर फिल्मों से हिंसक और इंटिमेट सीन बेवजह छोटे करने के आरोप लगाए थे और इसके चलते उनका कार्यकाल विवादित रहा था। जेम्स बॉन्ड सीरीज की फिल्म 'स्पेक्टर' से किसिंग सीन को छोटा कराने पर सोशल मीडिया पर उनकी खूब आलोचना हुई थी। निहलानी ने शाहिद कपूर स्टार 'उड़ता पंजाब' में कथित तौर पर 69 कट लगाने के लिए कहा था, जो काफी चर्चा में रहा था। बाद में बॉम्बे हाईकोर्ट ने CBFC के फैसले को गलत बताया और फिल्म सिर्फ एक कट के साथ रिलीज हुई थी। 2017 में सरकार ने उन्हें हटाकर गीतकार प्रसून जोशी को CBFC का नया चेयरमैन बनाया था।मूवी टिकट पर GST लगने पर कहा- इंडस्ट्री बुरे दौर से गुजर रही है वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने 2 साल पहले मूवी टिकट पर 12-18 प्रतिशत GST लगाया था। इस पर दैनिक भास्कर से बातचीत में पहलाज निहलानी ने कहा था, बहुत से देशों में एंटरटेनमेंट पर टैक्स नहीं है इसलिए GST को इंडिया में भी एंटरटेनमेंट इंडस्ट्री से पूरी तरह हटाना चाहिए। सरकार को ये सोचना चाहिए कि अपने कल्चर और भाषा को बचाने के लिए ज्यादा से ज्यादा फिल्में बनाने की कोशिशों को बढ़ावा दिया जाए। मौजूदा समय में जिस तरह का बिजनेस आ रहा है, उसकी वजह से अच्छे विषयों पर फिल्में नहीं बन पा रही हैं और पैसे कमाने के लिए हल्के विषयों और वल्गर कंटेंट पर फिल्में बनने की मजबूरी हो गई है। निहलानी ने आगे कहा था, फिल्में कॉमन मैन के लिए बनती हैं। छोटे से छोटा मजदूर भी जो है पिक्चर देखता है अगर जो फिल्म टिकट सस्ती हो जाए और इस पर टैक्स न लगे तो इससे सिंगल स्क्रीन सिनेमा को बूस्ट अप मिलेगा।
बिग बॉस 11 की विनर और भाभी जी घर पर हैं एक्ट्रेस शिल्पा शिंदे अपने हालिया पॉडकास्ट से विवादों में घिर गई हैं। पॉडकास्ट में एक्ट्रेस ने कबूला कि उन्होंने अपने प्रोड्यूसर्स के खिलाफ फर्जी सेक्शुअल हैरेसमेंट की शिकायत दर्ज करवाई थी। पॉडकास्ट आते ही शिल्पा शिंदे के खिलाफ एक NGO ने एक्शन लिए जाने की मांग की है। इसके अलावा हिना खान, पूजा बेदी समेत कई सेलेब्स एक्ट्रेस की आलोचना कर रहे हैं। विवादों के बीच शिल्पा शिंदे ने सफाई में कहा है कि वो उस वक्त सुसाइड करने वाली थीं, लेकिन अब उन्हें किसी भी तरह के विवाद से कोई फर्क नहीं पड़ता। शिल्पा ने वीडियो में आपत्तिजनक इशारे भी किए। शिल्पा शिंदे ने कॉमेडियन भारती सिंह और हर्ष लिंबाछिया के पॉडकास्ट में कहा है कि उन्होंने टीवी शो भाभी जी घर पर हैं के प्रोड्यूसर संजय कोहली के खिलाफ सेक्शुअल हैरेसमेंट की फर्जी शिकायत दर्ज करवाई थी। इससे उनकी बकाया पेमेंट चुका दी गई। NGO ने की गिरफ्तारी की मांग पुरुषों के हित में काम करने वाले एक NGO ने शिल्पा शिंदे की गिरफ्तारी की मांग की है। NCM इंडिया काउंसिल फॉर मैन अफेयर के आधिकारिक सोशल मीडिया अकाउंट से लिखा गया है, मुंबई पुलिस, प्लीज शिल्पा शिंदे को अपने प्रोड्यूसर के खिलाफ झूठी शिकायत करने पर गिरफ्तार करें। ये बेहद शर्मनाक है- हिना खान बिग बॉस 11 की को-कंटेस्टेंट हिना खान ने शिल्पा की कड़ी आलोचना कर आधिकारिक सोशल मीडिया अकाउंट से लिखा है, ‘किसी की छवि खराब करने या किसी विवाद में जीतने के लिए अपने महिला होने का फायदा उठाना बिल्कुल शर्मनाक है। और हर किसी को इसका विरोध करने और न्याय की मांग करने का पूरा अधिकार है। मैं यह देखकर बेहद हैरान हूं। लेकिन मैं यहां उस असली पीड़ित की बात करना चाहता हूं। एक सम्मानित व्यक्ति, जिसकी पत्नी, बेटी और परिवार में कई महिलाएं हैं। एक मेहनती निर्माता, जिसने कई लोकप्रिय शो बनाए हैं। उसे एक कठिन दौर से गुजरना पड़ा।’ आगे उन्होंने कहा, ‘जैसा कि खुद एक्ट्रेस ने स्वीकार किया, उसके आरोप बेबुनियाद थे। उन आरोपों का इस्तेमाल फायदा उठाने, जीत हासिल करने, अंक बटोरने और बिना कानूनी प्रक्रिया अपनाए अपना दावा मनवाने के लिए किया गया। फिर भी, उसी निर्माता ने उसी व्यक्ति को दोबारा अपने शो में मौका दिया। एक और लॉन्चपैड, एक और मौका, एक और सहारा, जिससे उसके झूठे यौन उत्पीड़न के आरोप को सही ठहराने की कोशिश की जा सके। लेकिन अगर वह एक्ट्रेस फिर से ऐसा करती है तो?’ ‘आखिर उसे उसी व्यक्ति ने दोबारा काम दिया है, जिस पर उसने पहले झूठा आरोप लगाया था। मैं यह सब देखकर बेहद शॉक्ड हूं। अब तो लगता है कि मजाक हम सबके साथ हो रहा है।’ इसके लिए कड़ी सजा दी जानी चाहिए- पूजा बेदी एक्ट्रेस पूजा बेदी ने वैराइटी इंडिया को दिए इंटरव्यू में शिल्पा शिंदे की निंदा करते हुए कहा, ‘कोई भी महिला जो पीड़ितों की सुरक्षा के लिए बनाए गए कानूनों का इस्तेमाल बदला लेने, निजी फायदे, दबाव बनाने, प्रचार पाने या किसी को नुकसान पहुंचाने के लिए करती है, वह उन कानूनों के असली उद्देश्य के साथ विश्वासघात करती है।’ आगे उन्होंने कहा, ‘झूठे आरोप न सिर्फ निर्दोष लोगों की जिंदगी बर्बाद कर देते हैं, बल्कि इससे वास्तविक पीड़ितों की बात पर भी लोगों का भरोसा कम हो जाता है। कानून का इस तरह दुरुपयोग बिल्कुल स्वीकार्य नहीं है और इसके लिए कड़ी सजा होनी चाहिए।’ विवाद बढ़ने पर शिल्पा शिंदे ने दी सफाई पॉडकास्ट के बाद आलोचना होने और विवाद बढ़ने के बाद शिल्पा शिंदे ने आधिकारिक सोशल मीडिया अकाउंट से एक वीडियो जारी कर सफाई दी है। उन्होंने कहा है, ‘ये जो पीआर चल रहा है, जो कमेंट्स आ रहे हैं, मुझे उन लोगों को बस इतना कहना है कि जो बोगे वही पाओगे। जो लोग बिना पूरी बात जाने समझे, मेरी चिंता कर रहे हैं कि अरे आपकी तो अब तक शादी ही नहीं हुई, वो लोग अपनी खुद की चिंता करें। एक सच बोलने वाले इंसान को आप झूठ बोल रहे हो। मुझे पता था कि ये होना ही है, क्योंकि दुनिया कभी किसी अच्छी चीज की तारीफ नहीं करती।’ आगे उन्होंने कहा, ‘मुझे ये बोलने की जरुरत नहीं थी। 10 साल के बाद भी मैं ये शो कर रही हूं। मैं पहले भी बोल सकती थी। तो जो लोग कह रहे हैं कि मैं ये शो के लिए बोल रही हूं, घंटा। मुझे आप लोगों की नजरों में उठना भी नहीं है। मैं अपनी नजरों में उठी हुई हूं। किसी ने मुझे ये कहने के लिए नहीं कहा था, मैं उस झूठ के साथ नहीं जी सकती थी। वो आज या कल मुझे बोलना ही था। जो मेरे साथ हुआ, वो आप लोगों को नहीं पता है। भगवान न करे, आपके या आपके परिवार के साथ ऐसा हो। वो जो टाइम था, वो मुझे पता है कि मैंने सिर्फ पैसों के लिए नहीं किया। मैं शो छोड़ चुकी थी, उससे निकल चुकी थी।’ ‘बिग बॉस के बाद मुझे एक शख्स मिला, जिसने मुझसे कहा कि मेरे फादर ने सुसाइड कमिट किया, क्योंकि मेरे काम की जगह मेरे बारे में ऐसी बातें कही गईं, जो सच नहीं थीं। मैं सुसाइड करने वाला था, मैंने सुसाइड नोट भी लिखा था, लेकिन मैंने बिग बॉस से आपका वीडियो देखा, आप इंस्पायरिंग हो मेरे लिए। अगर मैं जिंदा हूं तो आपकी वजह से।’ मैं सुसाइड करने वाली थी- शिल्पा शिंदे आखिर में शिल्पा ने कहा, ‘मैंने क्या सहा ये सिर्फ मुझे और उस इंसान को पता है, जिसके खिलाफ मैंने शिकायत की। सॉरी शब्द बहुत छोटा है, लेकिन उस वक्त की सिचुएशन के लिए उन्हें भी पता था कि यही सही था। मैं उस वक्त सुसाइड करने वाली थी। लेकिन लोग तब भी हंसते, गालियां देते। मैं लोगों की नजरों में उठना ही नहीं चाहती। मेरा पहले भी किसी ने सपोर्ट नहीं किया और मुझे अभी भी उम्मीद नहीं है। मैं ये सब लेने के लिए तैयार हूं।’ ‘जो लोग भौंक रहे हैं, उन्हें भौंकने दो, लेकिन मेरी सलाह है कि जो ये आप टाइम दे रहे हैं, वो किसी जरुरतमंद को दोगे, तो भला होगा। मेरा तो कुछ बुरा होने वाला है नहीं। (आपत्तिजनक इशारे करते हुए)’ 2016 में मेकर्स पर लगाए थे संगीन आरोप शिल्पा शिंदे ने 2015 में टीवी शो भाभीजी घर पर हैं में अंगूरी भाभी का किरदार निभाया था। एक साल बाद शिल्पा ने मेकर्स और प्रोड्यूसर के खिलाफ कई संगीन आरोप लगाते हुए शिकायत दर्ज करवाई और शो छोड़ दिया। अब शिल्पा ने 9 साल बाद फिर उसी शो में वापसी की है।
फिल्ममेकर राम गोपाल वर्मा, रणवीर सिंह का सपोर्ट कर फंसते नजर आ रहे हैं। हाल ही में राम गोपाल वर्मा ने FWICE (फिल्म फेडरेशन ऑफ वेस्टर्न सिने एप्लॉई) द्वारा रणवीर पर लगाए गए नॉन कोऑर्परेटिव डायरेक्टिव के आरोप पर कहा था कि फेडरेशन को बैन करना चाहिए, रणवीर को नहीं। अब हालिया प्रेस कॉन्फ्रेंस में फेडरेशन ने राम गोपाल वर्मा की कड़ी निंदा करते हुए कहा है कि उन पर फेडरेशन के कर्मचारियों के 1.25 करोड़ पेमेंट बकाया है। साथ ही फेडरेशन के चीफ एडवाइजर अशोक पंडित ने माफी की मांग भी की है। अशोक पंडित ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में राम गोपाल वर्मा की निंदा करते हुए कहा ‘हमारी पिछली प्रेस कॉन्फ्रेंस के बाद कई लोगों ने फेडरेशन पर टिप्पणी की थी, जिनमें से एक राम गोपाल वर्मा भी थे, जिनका हम बहुत सम्मान करते हैं। उन्होंने एक लंबा ट्वीट कर फेडरेशन की आलोचना की, हमारी अधिकारिता पर सवाल उठाए और हमारे खिलाफ अपमानजनक भाषा का इस्तेमाल किया।’ आगे उन्होंने कहा, ‘बेशक, हम लोकतंत्र में रहते हैं और हर किसी को अपनी बात रखने का अधिकार है। लेकिन हम उन्हें याद दिलाना चाहते हैं कि हमारे टेक्नीशियन्स और कर्मचारियों का 1.25 करोड़ रुपये से अधिक का भुगतान अब भी उन पर बकाया है। हम बिना आधार के आरोप नहीं लगा रहे हैं और न ही कोई हिसाब चुकता करने की कोशिश कर रहे हैं। हम केवल उन्हें उस मामले की याद दिला रहे हैं, जो 2017 से लंबित है। यह मामला उनकी फिल्म ऑफिसर से जुड़ा है, जिसमें नागार्जुन ने अभिनय किया था। हमने कई बार उनसे संपर्क किया और इस मुद्दे को सुलझाने की कोशिश की।’ प्रेस कॉन्फ्रेंस में अशोक पंडित ने राम गोपाल वर्मा पर नॉन पेमेंट का आरोप लगाते हुए कहा, ‘2019 में राम गोपाल वर्मा ने फेडरेशन को पत्र लिखकर स्वीकार किया था कि फेडरेशन के सदस्यों और अन्य विक्रेताओं का भुगतान बकाया है। उन्होंने 4 मार्च 2019 तक का समय मांगा था ताकि सभी देनदारियां चुकाई जा सकें। साथ ही उन्होंने यह भी कहा था कि यदि ऐसा नहीं हो पाया, तो FWICE अपनी ओर से उचित समझी जाने वाली कोई भी कार्रवाई कर सकता है। अब 2026 आ गया है और वे भुगतान अब तक नहीं किए गए हैं।’ आखिर में राम गोपाल वर्मा को चेतावनी देते हुए अशोक पंडित ने कहा, ‘फेडरेशन के खिलाफ इस्तेमाल की गई भाषा पर हमें कड़ी आपत्ति है। संगठन को गाली देने के बजाय उन्हें फेडरेशन से माफी मांगनी चाहिए और इन लंबे समय से लंबित बकायों का निपटारा करना चाहिए।’ क्या था राम गोपाल वर्मा का बयान रणवीर सिंह पर नॉन कॉर्परेटिव डायरेक्टिव की घोषणा होने के बाद कई लोगों ने इसकी निंदा की। इस पर राम गोपाल वर्मा ने रणवीर का सपोर्ट कर आधिकारिक सोशल मीडिया अकाउंट से लिखा था, ‘FWICE पर प्रतिबंध लगाओ, रणवीर सिंह पर नहीं। गांधीजी की शैली में किया जा रहा तथाकथित “बैन” या “असहयोग” आखिरकार FWICE के लिए एक बड़ा मजाक बनकर रह जाएगा।’ ‘यह इंडस्ट्री या उसमें काम करने वालों की सुरक्षा नहीं है, जैसा कि वे दावा कर रहे हैं। यह सिर्फ ताकत दिखाने की कोशिश है, जिसे एक बेहद पुरानी और बेकार यूनियन व्यवस्था अंजाम दे रही है, जो किसी तरह अपनी पकड़ बनाए रखने के लिए संघर्ष कर रही है।’ आगे उन्होंने लिखा, 'चाहे FWICE यह दावा करे कि वह 5 लाख या 50 लाख कर्मचारियों को रिप्रेजेंट करता है, लेकिन कड़वी सच्चाई यह है कि उन लाखों लोगों में से ज्यादातर को इस विवाद से जुड़े दोनों पक्षों के अंदरूनी फैक्ट्स की जानकारी तक नहीं है। FWICE न तो कोई अदालत है, न ही सरकार द्वारा अधिकृत कोई नियामक संस्था। अधिक से अधिक इसे एक “कंगारू कोर्ट” कहा जा सकता है, जो परिभाषा के अनुसार न्याय देने का दिखावा करती है, लेकिन वास्तव में स्थापित कानूनी नियमों, उचित प्रक्रिया और निष्पक्षता की अनदेखी करती है। ऐसा इसलिए है क्योंकि इसके फैसले अक्सर पहले से ही एक खास एजेंडा रखने वाले लोगों के समूह द्वारा निजी बैठकों में तय कर लिए जाते हैं। इनमें ऐसे अभिनेता भी शामिल होते हैं, जो रणवीर सिंह की फिल्म धुरंधर की जबरदस्त सफलता से बुरी तरह घबराए हुए हैं।' अब जानिए क्या है पूरा मामला- FWICE ने 25 मई को रणवीर सिंह के खिलाफ नॉन-कोऑपरेशन जारी किया था, जिसके तहत संस्था ने अपने सभी सदस्यों से रणवीर के किसी भी प्रोजेक्ट में काम न करने को कहा था। यह पूरा विवाद रणवीर सिंह के फिल्म डॉन 3 से बाहर होने से जुड़ा था। इस फिल्म को फरहान अख्तर की कंपनी एक्सेल एंटरटेनमेंट प्रोड्यूस कर रही थी। मामले में कहा गया कि फिल्म की तैयारियां पूरी होने और शूटिंग शुरू होने से मात्र तीन हफ्ते पहले रणवीर सिंह प्रोजेक्ट से बाहर हो गए। प्रोजेक्ट छोड़ने से हुए नुकसान के एवज में मेकर्स ने रणवीर से 45 करोड़ रुपए के हर्जाने की मांग की थी।
स्टार- 3.5/5 रनटाइम- 3 घंटे 8 मिनट कास्ट- राम चरण, जान्हवी कपूर, जगपति बाबूकई बार कुछ फिल्में कहानी से ज्यादा अपने जज्बातों के लिए याद रखी जाती हैं। पेड्डी भी ऐसी ही फिल्म है। यह सिर्फ एक खिलाड़ी की कहानी नहीं है, बल्कि उन लोगों की आवाज है जिनकी मौजूदगी तक सरकारी कागजों में दर्ज नहीं है। राम चरण और निर्देशक बुच्ची बाबू सना ने एक बड़े व्यावसायिक कैनवास पर पहचान, सम्मान और हक की लड़ाई को पेश करने की कोशिश की है। फिल्म हर मोड़ पर परफेक्ट नहीं है, लेकिन जब यह दिल पर वार करती है तो असर छोड़ जाती है। कैसी है फिल्म की कहानी?विजयनगरम जिले की पहाड़ियों के नीचे बसा एक गांव ऐसा है जिसका कोई सरकारी अस्तित्व नहीं है। वहां रहने वाले लोगों के पास पहचान नहीं, वोट देने का अधिकार नहीं और बुनियादी सुविधाएं भी नहीं हैं। पेड्डी इसी गांव का रहने वाला युवक है। वह गुड़ की फैक्ट्री में काम करता है और स्थानीय क्रिकेट मैचों में पैसे लेकर खेलने जाता है। गांव के बुजुर्ग अप्पलासूरी सालों से अपने गांव के लिए रेलवे स्टेशन की मांग कर रहे हैं, लेकिन उनकी आवाज कोई नहीं सुनता। एक दर्दनाक घटना के बाद पेड्डी इस लड़ाई को अपना मिशन बना लेता है। क्रिकेट से शुरू हुआ उसका सफर कुश्ती और फिर एथलेटिक्स तक पहुंचता है। सवाल सिर्फ एक रेलवे स्टेशन का नहीं रह जाता, बल्कि पूरे गांव को पहचान दिलाने का बन जाता है। पेड्डी इस लड़ाई को कैसे अंजाम देता है, यही फिल्म की मुख्य कहानी है। कैसी है स्टारकास्ट की एक्टिंग? राम चरण ने अपने करियर की सबसे परिपक्व और समर्पित परफॉर्मेंस दी है। उनका शारीरिक बदलाव, अलग बोली पर पकड़ और भावनात्मक दृश्यों में दिखाई गई ईमानदारी प्रभावित करती है। खासकर दूसरे हिस्से में उनका अभिनय कई जगह आंखें नम कर देता है। शिव राजकुमार सीमित लेकिन प्रभावी भूमिका में नजर आते हैं। उनके और राम चरण के बीच गुरु शिष्य वाला रिश्ता फिल्म की बड़ी ताकत बनकर उभरता है। जगपति बाबू ने अपने किरदार में भावनात्मक गहराई लाने की कोशिश की है। हालांकि कुछ दृश्य जरूरत से ज्यादा नाटकीय लगते हैं। जाह्नवी कपूर के हिस्से में ज्यादा कुछ करने को नहीं है। उनका किरदार कहानी के मुख्य मुद्दे से लगभग कटा हुआ महसूस होता है। एक मजबूत भूमिका बनने की संभावना थी, लेकिन लेखन ने उन्हें सिर्फ प्रेम कहानी तक सीमित कर दिया। कैसा है फिल्म का डायरेक्शन? बुच्ची बाबू सना की सबसे बड़ी ताकत भावनाओं को पर्दे पर जीवंत करना है। फिल्म का मूल विचार बेहद दमदार है और दूसरे हिस्से में निर्देशक इस विचार को मजबूती से पकड़कर रखते हैं। कुश्ती वाले दृश्य और अंतिम आधा घंटा फिल्म का सबसे प्रभावशाली हिस्सा है। हालांकि पहले हिस्से में कहानी कई बार भटकती है। रोमांस और कुछ व्यावसायिक मसाला दृश्य फिल्म की रफ्तार को धीमा करते हैं। तीन घंटे से ज्यादा की अवधि भी कुछ जगह महसूस होती है। तकनीकी पक्ष मजबूत है। रत्नवेलु की सिनेमैटोग्राफी गांव, खेल के मैदान और भावनात्मक दृश्यों को खूबसूरती से कैद करती है। प्रोडक्शन डिजाइन भी फिल्म को वास्तविकता के करीब रखता है। हालांकि कुछ दृश्य प्रभाव अपेक्षित स्तर के नहीं लगते। कैसा है फिल्म का म्यूजिक? ए आर रहमान का संगीत फिल्म की आत्मा है। गाने कहानी का हिस्सा बनकर आते हैं और पृष्ठभूमि संगीत कई दृश्यों के प्रभाव को कई गुना बढ़ा देता है। खासकर भावनात्मक और प्रेरणादायक दृश्यों में उनका काम फिल्म को ऊंचाई देता है। फाइनल वर्डिक्ट: फिल्म देखें या नहीं? पेड्डी एक ऐसी फिल्म है जो तर्क से ज्यादा भावनाओं के सहारे चलती है। इसमें कई कमियां हैं, कुछ सवाल भी अनुत्तरित रह जाते हैं, लेकिन फिल्म का दिल सही जगह पर है। राम चरण का शानदार अभिनय, दमदार क्लाइमैक्स और पहचान की लड़ाई पर आधारित भावनात्मक कहानी इसे देखने लायक बनाती है। अगर आपको खेल, संघर्ष और इंसानी जज्बातों से जुड़ी कहानियां पसंद हैं तो पेड्डी आपको निराश नहीं करेगी।
बॉलीवुड एक्टर आमिर खान और उनकी गर्लफ्रेंड गौरी स्प्रैट जल्द ही शादी के बंधन में बंधने जा रहे हैं। हिंदुस्तान टाइम्स की रिपोर्ट के मुताबिक दोनों इस साल 5 जुलाई को एक प्राइवेट सेरेमनी में शादी करेंगे। इस शादी में कोई भव्य आयोजन या ग्रैंड रिसेप्शन नहीं रखा जाएगा। दोनों एक छोटे से साइनिंग सेरेमनी के जरिए अपने रिश्ते को ऑफिशियल करेंगे। आमिर खान ने साल 2025 में अपने 60वें जन्मदिन पर गौरी के साथ अपने रिलेशनशिप की बात मीडिया के सामने कन्फर्म की थी। आमिर खान की यह तीसरी शादी होगी। आमिर ने पहली शादी साल 1986 में फिल्म प्रोड्यूसर रीना दत्ता से की थी। साल 2002 में रीना से अलग होने के बाद आमिर ने साल 2005 में डायरेक्टर किरण राव से दूसरी शादी की थी। साल 2021 में किरण और आमिर का तलाक हो गया था। एक साल से लिव-इन में रह रहा है कपलमीडिया रिपोर्ट के मुताबिक आमिर और गौरी पिछले एक साल से भी ज्यादा समय से लिव-इन पार्टनर के तौर पर साथ रह रहे हैं। सोर्सेज के अनुसार दोनों एक साथ एक खुशहाल और स्टेबल जिंदगी बिता रहे हैं। अब दोनों ने अपने परिवार के लोगों की मौजूदगी में इस रिश्ते को कानूनी तौर पर आगे बढ़ाने का फैसला किया है। कपल की शादी बेहद निजी होगी जिसमें सिर्फ दोनों के परिवार के लोग और बेहद करीबी दोस्त ही शामिल होंगे। 25 साल पुरानी दोस्ती प्यार में बदलीआमिर खान और गौरी स्प्रैट एक-दूसरे को पिछले 25 सालों से जानते हैं। दोनों पहले काफी अच्छे दोस्त थे, जिसके बाद उन्होंने एक-दूसरे को डेट करना शुरू किया। गौरी स्प्रैट का एक 7 साल का बेटा भी है। जब से आमिर और गौरी ने अपने रिश्ते को ऑफिशियल किया है, तब से गौरी को अक्सर आमिर खान के साथ अलग-अलग इवेंट्स और मौकों पर साथ देखा जाता है। गौरी के आने से खुद को पूरा मानते हैं आमिरएक पुराने इंटरव्यू में आमिर खान ने गौरी के साथ अपने रिश्ते पर खुलकर बात की थी। आमिर ने कहा था, “मैं बहुत भाग्यशाली हूं कि मुझे गौरी मिलीं और हमारा रिश्ता शुरू हुआ। वह बेहतरीन हैं और उनके साथ मुझे बहुत शांति मिलती है। हालांकि रीना दत्ता और किरण राव के साथ भी मेरा रिश्ता बहुत गहरा था, लेकिन चीजें आगे नहीं बढ़ पाईं। मैं खुद को खुशनसीब मानता हूं कि गौरी मेरी जिंदगी में आईं। मुझे लगता है अब जाकर मैं मुकम्मल हुआ हूं।” 2002 में हुआ था पहला तलाक आमिर खान ने अपनी पहली शादी साल 1986 में फिल्म प्रोड्यूसर रीना दत्ता से की थी। यह एक लव मैरिज थी जो करीब 16 सालों तक चली। दोनों के दो बच्चे, जुनैद खान और इरा खान हैं। साल 2002 में दोनों कानूनी तौर पर अलग हो गए। आमिर ने हाल ही में अपने इस रिश्ते के टूटने की मुख्य वजह बताई थी। उन्होंने स्वीकार किया कि उस समय वे भावनात्मक रूप से अपरिपक्व थे और अपने काम में बहुत ज्यादा व्यस्त रहते थे। फिल्मों के प्रति उनके ज्यादा झुकाव की वजह से वे अपने परिवार और बच्चों को पर्याप्त समय नहीं दे पाए, जिससे रिश्ते में दूरियां बढ़ गईं। रीना से अलग होने के बाद आमिर गहरे डिप्रेशन और नशे के दौर से भी गुजरे थे। किरण राव से दूसरा रिश्ता फिर सहमति से अलग हुए रीना दत्ता से तलाक के बाद आमिर खान की जिंदगी में डायरेक्टर किरण राव आईं। साल 2005 में दोनों ने शादी कर ली। इस शादी से उनका एक बेटा आजाद है, जिसका जन्म आईवीएफ (IVF) से हुआ था। शादी के 15 साल बाद, जुलाई 2021 में आमिर और किरण ने अचानक अपने तलाक की घोषणा करके सबको चौंका दिया था। अपने साझा बयान में उन्होंने इसे एक सोची-समझी प्लानिंग के तहत लिया गया फैसला बताया था। आमिर के मुताबिक, समय के साथ पति-पत्नी के रूप में उनके रिश्ते का तालमेल बदल गया था। हालांकि, तलाक के बाद भी दोनों के बीच सम्मान और दोस्ती बरकरार है। वे आज भी अपने बेटे की मिलकर परवरिश कर रहे हैं और पानी फाउंडेशन समेत कई फिल्मी प्रोजेक्ट्स पर साथ काम करते हैं। ------------------------------------- आमिर से जुड़ी ये खबर भी पढ़ें आमिर खान @61, शूटिंग के समय घड़ी नहीं देखते:मोबाइल के जमाने में लंबे समय तक पेजर यूज किया, तकनीक से ज्यादा काम पर फोकस बॉलीवुड के मिस्टर परफेक्शनिस्ट कहे जाने वाले आमिर खान ने करीब चार दशक लंबे करियर में उन्होंने सिर्फ हिट फिल्में ही नहीं दीं, बल्कि अभिनय और कहानी कहने के तरीके को भी नई दिशा दी है। पूरी खबर पढ़ें
‘सैयारा’ की सफलता के बाद अहान पांडे और अनीत पड्डा की जोड़ी एक बार फिर बड़े परदे पर साथ नजर आने वाली है। सूत्रों के मुताबिक, यशराज फिल्म्स के बैनर तले निर्देशक मोहित सूरी दोनों कलाकारों को लेकर नई म्यूजिकल लव स्टोरी बनाने जा रहे हैं, जिसकी शूटिंग इसी साल के अंत में शुरू होगी। सूत्रों के अनुसार, यह अनटाइटल्ड फिल्म अक्टूबर-नवंबर 2026 में फ्लोर पर जाएगी। फिल्म का निर्माण यशराज फिल्म्स के बैनर तले होगा और निर्माता आदित्य चोपड़ा इसे बड़े पैमाने पर तैयार कर रहे हैं। ‘सैयारा’ के बाद अहान और अनीत की जोड़ी को दोबारा कास्ट किए जाने को लेकर ट्रेड सर्किल्स में भी काफी चर्चा है। मेकर्स का भी मानना है कि दोनों कलाकारों की ऑन-स्क्रीन केमिस्ट्री युवा दर्शकों के बीच मजबूत पकड़ बना चुकी है। लव स्टोरी और म्यूजिक पर रहेगा खास फोकस, बैकग्राउंड स्कोर पर हो रहा काम बताया जा रहा है कि यह फिल्म एक इंटेंस और भावनात्मक प्रेम कहानी होगी, जिसमें मोहित सूरी अपनी सिग्नेचर स्टाइल के रोमांस और म्यूजिक का कॉम्बिनेशन पेश करेंगे। सूत्रों के मुताबिक, फिल्म की म्यूजिक टीम पिछले कई महीनों से एल्बम और बैकग्राउंड स्कोर पर काम कर रही है। मेकर्स का लक्ष्य ऐसा म्यूजिक तैयार करना है जो रिलीज के बाद लंबे समय तक दर्शकों की प्लेलिस्ट का हिस्सा बना रहे। ‘सतरंगा’ टाइटल की खबरें गलत, जल्द ही असल नाम अनाउंस करेंगे मेकर्स फिल्म की घोषणा से पहले ही इसके नाम को लेकर कई तरह की अटकलें लगाई जा रही थीं। कुछ रिपोर्ट्स में दावा किया जा रहा था कि मोहित की इस नई रोमांटिक फिल्म का नाम ‘सतरंगा’ हो सकता है। हालांकि, प्रोजेक्ट से जुड़े सूत्रों ने इन खबरों को पूरी तरह गलत बताया है। फिल्म का यह नाम मेकर्स द्वारा अभी फाइनल नहीं हुआ है। यशराज फिल्म्स फिलहाल स्क्रिप्ट, स्टारकास्ट और टाइटल से जुड़ी तमाम जानकारियों को सीक्रेट रखे हुए है। जल्द ही एक बड़े अनाउंसमेंट वीडियो या टीजर के जरिए फिल्म के आधिकारिक टाइटल से परदा उठाया जाएगा। अगस्त तक पूरा होगा जफर का प्रोजेक्ट दूसरी तरफ अहान, निर्देशक अली अब्बास जफर की एक बड़े बजट की फिल्म की शूटिंग में इन दिनों बिजी हैं। सूत्रों के अनुसार, इस फिल्म का अधिकांश शूट अगस्त तक पूरा कर लिया जाएगा, ताकि अहान बिना किसी देरी के मोहित की रोमांटिक दुनिया में कदम रख सकें। दिलचस्प बात यह है कि दोनों फिल्में एक-दूसरे से बिल्कुल अलग जॉनर की हैं। अली का हाई-ऑक्टेन एक्शन और बड़े कैनवास वाला कमर्शियल सिनेमा है, वहीं दूसरी तरफ मोहित की फिल्म इमोशनल और म्यूजिकल रोमांस बेस्ड है। ट्रेड एक्सपर्ट्स का मानना है कि इन दोनों फिल्मों के जरिए अहान दर्शकों के सामने अपनी वर्सेटिलिटी साबित करने की कोशिश करेंगे। उन्हें रोमांटिक हीरो और कमर्शियल स्टार दोनों इमेज मेनटेन करनी होगी।
एक्ट्रेस कंगना रनोट ने अपनी अपकमिंग फिल्म भारत भाग्य विधाता के ट्रेलर लॉन्च के दौरान 26/11 मुंबई आतंकी हमले की रात का अनुभव शेयर किया। उन्होंने बताया कि उस रात वह मुंबई में एक हाउस पार्टी में थीं और वहीं उन्हें हमले की जानकारी मिली। शहाना गोस्वामी के घर मौजूद थीं कंगना फिल्म के ट्रेलर लॉन्च पर कंगना ने बताया था कि 26/11 हमले के समय वह एक्ट्रेस शहाना गोस्वामी के घर एक पार्टी में मौजूद थीं। उस दौरान उनके साथ कई अन्य लोग भी थे। कंगना ने कहा कि वह महेश भट्ट के साथ काम कर रही थीं और विशेष फिल्म्स में स्ट्रगलर थीं। शहाना गोस्वामी ने यारी रोड स्थित अपने घर पर पार्टी रखी थी। महेश भट्ट ने बाहर जाने से रोका कंगना के मुताबिक, पार्टी के दौरान महेश भट्ट अंदर आए और टीवी चलाने को कहा। उस दौरान कंगना और अन्य लोग डांस कर रहे थे। फिर भट्ट ने बताया कि आतंकी हमला हुआ है। उसी दौरान वहां मौजूद लोगों को हमले की जानकारी मिली। कंगना ने बताया कि बाद में उन्होंने चर्चा की कि सभी को घर जाना चाहिए या नहीं। महेश भट्ट ने सभी को वहीं रुकने और बाहर न निकलने की सलाह दी। इसके बाद करीब 20-25 लोग शहाना गोस्वामी के घर पर ही रुके रहे। 26/11 मुंबई आतंकी हमला मुंबई में 26 नवंबर 2008 को आतंकी हमला हुआ था, जिसे 26/11 के नाम से जाना जाता है। पाकिस्तान से आए लश्कर-ए-तैयबा के 10 आतंकवादियों ने मुंबई के कई स्थानों को निशाना बनाया था, जिनमें रेलवे स्टेशन और होटल शामिल थे। करीब 60 घंटे तक चले इस हमले में 166 लोगों की मौत हुई थी। यह हमला भारत के इतिहास की सबसे बड़ी आतंकी घटनाओं में गिना जाता है। गौरतलब है कि कंगना की फिल्म ‘भारत भाग्य विधाता’ 26/11 मुंबई आतंकी हमले के दौरान बहादुरी दिखाने वाले कामा अस्पताल के नर्सों और वॉर्ड बॉयज की कहानी पर आधारित है। फिल्म भारत भाग्य विधाता का डायरेक्शन मनोज तापड़िया ने किया है। इस फिल्म में कंगना रनोट के अलावा गिरिजा ओक, स्मिता तांबे, अमृता नामदेव, ईशा डे, प्रिया बेर्डे और आशा शेलार भी अहम भूमिकाओं में हैं। फिल्म 12 जून 2026 को सिनेमाघरों में रिलीज होगी। कंगना से जुड़ी यह खबर भी पढ़ें… कंगना रनोट की पहली फिल्म देख पैरेंट्स हुए नाराज:गैंगस्टर को लेकर कहा था- समाज क्या सोचेगा, उनकी बेटी कैसी फिल्में कर रही है बॉलीवुड एक्ट्रेस कंगना रनोट ने अपनी डेब्यू फिल्म गैंगस्टर को लेकर बताया कि यह फिल्म देखने के बाद उनके माता-पिता खुश नहीं थे और फिल्म के कुछ सीन्स को लेकर चिंतित थे। पूरी खबर यहां पढ़ें…
बॉलीवुड एक्टर वरुण धवन मुंबई के एक मंदिर में शॉर्ट्स और सैंडो बनियान पहने नजर आए। वरुण अपनी आने वाली फिल्म 'है जवानी तो इश्क होना है' की रिलीज से पहले मंदिर में आशीर्वाद लेने पहुंचे थे। लेकिन अब वे अपने इस पहनावे की वजह से शल मीडिया पर ट्रोल हो रहे हैं। मंदिर परिसर से बाहर निकलते समय उनके माथे पर तिलक लगा था और उन्होंने पैपराजी को देखकर मुस्कुराते हुए पोज भी दिए। हालांकि, उनका यह पहनावा कई लोगों को पसंद नहीं आया और लोगों ने मंदिर की मर्यादा का ध्यान रखने की सलाह दी। सोशल मीडिया पर यूजर्स ने जताई नाराजगीवीडियो सामने आने के बाद सोशल मीडिया यूजर्स ने वरुण के लुक पर तीखी प्रतिक्रिया दी है। एक यूजर ने लिखा, कम से कम मंदिर के लिए तो ढंग के कपड़े पहन लेते। दूसरे यूजर ने कमेंट किया, प्रभु शर्ट तो पहन लेते, कुछ तो ढंग का पहन लेते, तुम मंदिर आए हो। सिर्फ बताने के लिए जबरदस्ती क्यों आते हो यार। वहीं एक अन्य यूजर ने सवाल उठाया कि इस तरह कपड़े पहनकर मंदिर कौन जाता है। 5 जून को रिलीज हो रही है नई फिल्मवरुण धवन इन दिनों अपनी फिल्म 'है जवानी तो इश्क होना है' के प्रमोशन में बिजी हैं। यह फिल्म 5 जून को सिनेमाघरों में रिलीज होने वाली है। इसका निर्देशन उनके पिता डेविड धवन ने किया है। फिल्म में वरुण के साथ पूजा हेगड़े, मृणाल ठाकुर और मनीष पॉल मुख्य भूमिकाओं में नजर आएंगे। इस फिल्म को एक फैमिली एंटरटेनर के रूप में तैयार किया गया है, जिसमें डेविड धवन का पुराना कॉमेडी स्टाइल देखने को मिलेगा। फिल्म रिलीज से पहले कानूनी विवाद में फंसीरिलीज से ठीक पहले यह फिल्म एक कानूनी विवाद में भी घिर गई है। प्रोड्यूसर वाशु भगनानी की कंपनी पूजा एंटरटेनमेंट ने बॉम्बे हाई कोर्ट का रुख किया है। उन्होंने टिप्स इंडस्ट्रीज लिमिटेड, रमेश तौरानी, कुमार एस तौरानी और डायरेक्टर डेविड धवन के खिलाफ मामला दर्ज कराया है। विवाद 1999 की फिल्म 'बीवी नंबर 1' के मशहूर गाने 'चुनरी चुनरी' के इस्तेमाल को लेकर है। आरोप है कि इस गाने को बिना इजाजत नई फिल्म में इस्तेमाल किया गया है।
बॉलीवुड एक्ट्रेस जैकलीन फर्नांडिस 200 करोड़ रुपए के मनी लॉन्ड्रिंग मामले में बुधवार को दिल्ली की पटियाला हाउस कोर्ट में पेश हुईं। कोर्ट में सुनवाई के दौरान एक्ट्रेस ने अपने ऊपर लगे सभी आरोपों को पूरी तरह से गलत बताया और उन्हें खारिज कर दिया। कोर्ट की कार्यवाही खत्म होते ही जैकलीन सीधे परिसर से बाहर निकलकर रवाना हो गईं। प्रवर्तन निदेशालय (ED) इस मामले में मुख्य आरोपी सुकेश चंद्रशेखर के साथ जैकलीन की भूमिका और पैसों के लेन-देन की जांच कर रहा है। कोर्ट में आरोपों को किया खारिजजैकलीन फर्नांडिस बुधवार को दिल्ली की पटियाला हाउस कोर्ट पहुंची थीं। कोर्ट में उनके खिलाफ तय किए जा रहे आरोपों को लेकर बहस हुई। जैकलीन ने जज के सामने अपना पक्ष रखते हुए कहा कि उन पर लगाए गए मनी लॉन्ड्रिंग के सारे आरोप बेबुनियाद हैं। उन्होंने किसी भी तरह के गलत लेन-देन में शामिल होने से साफ इनकार किया है। सुनवाई पूरी होने के बाद कोर्ट परिसर से बाहर निकलते हुए जैकलीन के वीडियो और तस्वीरें भी सामने आई हैं, जहां वे मीडिया से बिना बात किए अपनी गाड़ी में बैठकर निकल गईं। क्या है 200 करोड़ का यह मामलायह पूरा मामला हाई-प्रोफाइल ठग सुकेश चंद्रशेखर से जुड़ा है। सुकेश पर आरोप है कि उसने दिल्ली की रोहिणी जेल के अंदर से ही फोर्टिस हेल्थकेयर के पूर्व प्रमोटर शिविंदर सिंह की पत्नी अदिति सिंह से 200 करोड़ रुपए की जबरन वसूली की थी। जांच एजेंसी ED का दावा है कि सुकेश ने इसी वसूली की रकम का एक बड़ा हिस्सा जैकलीन फर्नांडिस और उनके परिवार पर खर्च किया था। सुकेश ने जैकलीन को लुभाने के लिए करोड़ों रुपए के गिफ्ट दिए थे। ED की सप्लीमेंट्री चार्जशीट में आरोपी हैं जैकलीनप्रवर्तन निदेशालय (ED) ने इस मामले की जांच के बाद दाखिल की गई अपनी सप्लीमेंट्री चार्जशीट में जैकलीन फर्नांडिस को भी आरोपी बनाया था। ED का कहना है कि जैकलीन को सुकेश के आपराधिक बैकग्राउंड और जबरन वसूली के पैसों के बारे में पहले से जानकारी थी, इसके बावजूद उन्होंने उससे महंगे तोहफे लेना जारी रखा। इन गिफ्ट्स में लग्जरी गाड़ियां, महंगे ब्रांडेड बैग, कपड़े, ज्वेलरी और कई कीमती पेट्स (पालतू जानवर) शामिल थे। लीगल टीम की दलील- जैकलीन खुद पीड़ित हैंदूसरी तरफ, जैकलीन फर्नांडिस की लीगल टीम लगातार कोर्ट में यह दलील दे रही है कि एक्ट्रेस इस मामले में पूरी तरह निर्दोष हैं। उनके वकीलों का कहना है कि जैकलीन खुद सुकेश चंद्रशेखर की साजिश का शिकार हुई हैं और उन्होंने सुकेश को एक बिजनेसमैन समझकर उससे दोस्ती की थी। जांच के दौरान सुकेश और जैकलीन की कई निजी तस्वीरें भी सोशल मीडिया पर वायरल हुई थीं। फिलहाल इस मामले में कोर्ट यह तय कर रहा है कि आरोपों के आधार पर केस को आगे कैसे बढ़ाया जाए।
फिल्म 'पेद्दी' के प्रमोशन इवेंट का एक वीडियो सामने आया था, जिसमें राम चरण जैसा दिखने वाला एक फैन सुरक्षा घेरा तोड़कर स्टेज की तरफ दौड़ पड़ा था। हालांकि, सुरक्षा कर्मियों ने उसे तुरंत रोक लिया था। वहीं, इस घटना के बाद राम चरण ने उस फैन से अलग से मुलाकात की। यह मुलाकात पूरी सुरक्षा व्यवस्था के बीच कराई गई। फैन इस घटना के बाद काफी इमोशनल हो गया था। राम चरण ने फैन को शांत किया और उससे आराम से बातचीत की। इतना ही नहीं, उन्होंने फैन के साथ सेल्फी भी खिंचवाई। दरअसल, मंगलवार को रामचरण और जान्हवी कपूर अपकमिंग फिल्म 'पेद्दी' के प्रमोशन के लिए विजयवाड़ा पहुंचे थे। तभी स्टेज पर फिल्म के प्रमोशन के दौरान रामचरण जैसा दिखने वाला एक हमशक्ल फैन अचानक उनकी तरफ तेजी से दौड़ा। इस घटना से रामचरण के बगल में बैठीं जान्हवी कपूर बुरी तरह घबरा गईं। हालांकि, रामचरण के पर्सनल बॉडीगार्ड और एमएमए फाइटर केविन कुंटा ने मुस्तैदी दिखाते हुए फैन को रास्ते में ही रोक लिया और गोद में उठाकर स्टेज से बाहर कर दिया था। घबरा गईं जान्हवी, बढ़ाई गई सुरक्षासोशल मीडिया पर वायरल हुए वीडियो में साफ दिख रहा है कि फैन के अचानक करीब आने से जान्हवी कपूर काफी असहज और डरी हुई नजर आईं। वे अपनी सीट पर ही सहम गईं और उनकी घबराहट चेहरे पर साफ दिख रही थी। इस घटना के तुरंत बाद सुरक्षा टीम अलर्ट हो गई। जान्हवी और रामचरण की सुरक्षा के लिए उनके चारों तरफ बड़ी संख्या में पुलिस और निजी सुरक्षाकर्मियों को तैनात कर दिया गया, ताकि इवेंट को बिना किसी बाधा के पूरा किया जा सके। फिल्म पेड्डी के बारे में जानिए पेड्डी एक स्पोर्ट्स ड्रामा फिल्म है, जो खेल के माध्यम से अपनी पहचान तलाशने वाले एक व्यक्ति की कहानी पर आधारित है। फिल्म को बुच्ची बाबू सना ने लिखा और डायरेक्ट किया है। इसका प्रोडक्शन वेंकट सतीश किलारू ने वृद्धि सिनेमाज के बैनर तले किया है। फिल्म को मैत्री मूवी मेकर्स और सुकुमार राइटिंग्स प्रेजेंट कर रहे हैं। फिल्म में राम चरण, जाह्नवी कपूर, शिव राजकुमार, दिव्येंदु और जगपति बाबू प्रमुख भूमिकाओं में हैं। पेड्डी 4 जून को सिनेमाघरों में रिलीज होगी। ये खबर भी पढ़ें पीएम मोदी ने पूछी थी फिल्म ‘पेड्डी’ की कहानी:राम चरण बोले थे- मूवी का कॉन्सेप्ट विकसित भारत जैसा है पिछले साल पीएम नरेंद्र मोदी से एक्टर राम चरण और उनकी पत्नी उपासना कामिनेनी कोनिडेला की मुलाकात हुई थी। हाल ही में इस बातचीत से जुड़ा एक किस्सा राम चरण ने बताया। पूरी खबर पढ़ें
फिल्म 'काला हिरण' को लेकर जारी विवाद के बीच फिल्म के प्रोड्यूसर अमित जानी ने सलमान खान की लीगल टीम के नोटिस पर रिएक्शन दिया है। अपने ऑफिशियल फेसबुक अकाउंट में पोस्ट किए वीडियो में अमित जानी ने कहा कि हमारी पूरी फिल्म सलमान खान की बायोपिक नहीं है। हमारी पूरी फिल्म सलमान खान के नजरिए से नहीं है। अमित जानी ने वीडियो में कहा, ‘सलमान खान की लीगल टीम की ओर से नोटिस भेजकर हम पर दबाव बनाया जा रहा है कि हम फिल्म की रिलीज रोक दें और 20 जून को टीजर जारी न करें।’ वहीं ABP न्यूज के साथ बातचीत में अमित जानी ने कहा है कि फिल्म 'काला हिरण' बिश्नोई समाज के संघर्ष, उनकी विरासत और वन्यजीवों के प्रति उनके समर्पण को दिखाती है। जानी ने कहा कि सलमान खान फिल्म का सिर्फ एक पार्ट हैं। 'काला हिरण' को लेकर सलमान खान की ओर से लीगल नोटिस भेजा गया था। न्यूज18 की रिपोर्ट में बताया गया था कि सलमान की ओर से लॉ फर्म DSK लीगल ने कास्टिंग डायरेक्टर अक्षय पांडे को एक लीगल नोटिस भेजा है। इस नोटिस में 'काला हिरण' नाम की प्रस्तावित फिल्म के प्रोडक्शन और प्रमोशन को तुरंत रोकने की मांग की गई है। नोटिस में कहा गया था कि यह फिल्म कथित तौर पर सलमान खान के काला हिरण शिकार मामले से प्रेरित है। सलमान की लीगल टीम का दावा है कि इस फिल्म से उनकी इमेज को नुकसान पहुंच सकता है, चल रही लीगल प्रक्रिया प्रभावित हो सकती है और उनके पर्सनल राइट्स का उल्लंघन हो सकता है। सलमान की लीगल टीम का कहना है कि एक्टर ने अपने नाम, पहचान या उनसे जुड़े किसी भी कथित घटनाक्रम के इस्तेमाल की कोई अनुमति नहीं दी है। 20 जून को आना था टीजर बता दें कि सलमान से जुड़े काला हिरण शिकार मामले पर आधारित फिल्म 'काला हिरण' का पोस्टर शुक्रवार को जारी किया गया था। वहीं कहा गया था कि फिल्म का फर्स्ट लुक और टीजर 20 जून को जारी किया जाएगा। फिल्म में सलमान और गैंगस्टर लॉरेंस के बीच के विवाद को दिखाया जाएगा। हालांकि, यह जानकारी सामने नहीं आई थी कि इसमें कौन लीड रोल में है। वहीं, इसके पोस्टर में जो एक्टर दिखा है, वह जाना-पहचाना नहीं है। 1998 में काला हिरण शिकार मामला सामने आया सलमान खान से जुड़ा काला हिरण शिकार मामला साल 1998 में सामने आया था, जब वो जोधपुर में फिल्म 'हम साथ-साथ हैं' की शूटिंग कर रहे थे। सलमान के खिलाफ कुल चार केस दर्ज किए गए थे। इनमें दो चिंकारा शिकार मामले, एक कांकाणी काला हिरण शिकार मामला और एक आर्म्स एक्ट का मामला शामिल था। काला हिरण शिकार मामले में बिश्नोई समुदाय की शिकायत पर सलमान के साथ सैफ अली खान, तब्बू, सोनाली बेंद्रे और नीलम के खिलाफ भी केस दर्ज किया गया था। इन मामलों में 12 अक्टूबर 1998 को सलमान को पहली बार गिरफ्तार किया गया, हालांकि बाद में उन्हें जमानत मिल गई। अप्रैल 2006 में चिंकारा शिकार मामलों में सलमान को सजा सुनाई गई। जनवरी 2017 में उन्हें आर्म्स एक्ट मामले में बरी कर दिया गया। वहीं, 5 अप्रैल 2018 को काला हिरण शिकार मामले में उन्हें 5 साल की जेल और 10 हजार रुपए जुर्माने की सजा मिली। इसी मामले में बाकी कलाकारों को बरी कर दिया गया था। बाद में सलमान को जमानत मिल गई। फिलहाल यह मामला राजस्थान हाई कोर्ट में लंबित है। मई 2026 में हुई सुनवाई के बाद अदालत ने अगली सुनवाई 13 जुलाई 2026 के लिए तय की है। सलमान खान फिलहाल जमानत पर बाहर हैं।
रणवीर सिंह ने फेडरेशन ऑफ वेस्टर्न इंडिया सिने एम्प्लॉइज (FWICE) को लीगल नोटिस भेजा है। ऐसा दावा एनडीटीवी की रिपोर्ट में किया गया है। रिपोर्ट में सूत्रों के हवाले से बताया गया है कि रणवीर ने यह लीगल नोटिस 2 जून को भेजा था। हालांकि, नोटिस में एक्टर ने क्या मांगें रखी हैं, इसकी जानकारी अभी सामने नहीं आई है। FWICE ने 25 मई 2026 को रणवीर के खिलाफ नॉन-कोऑपरेशन जारी किया था, जिसके तहत संस्था ने अपने सभी सदस्यों से रणवीर के किसी भी प्रोजेक्ट में काम न करने को कहा था। यह पूरा विवाद रणवीर के फिल्म डॉन 3 से बाहर होने से जुड़ा है। इस फिल्म को फरहान अख्तर की कंपनी एक्सेल एंटरटेनमेंट प्रोड्यूस कर रही थी। मामले में कहा गया कि फिल्म की तैयारियां पूरी होने और शूटिंग शुरू होने से मात्र तीन हफ्ते पहले रणवीर प्रोजेक्ट से बाहर हो गए। प्रोजेक्ट छोड़ने से हुए नुकसान के एवज में मेकर्स ने रणवीर से 45 करोड़ रुपए के हर्जाने की मांग की है। रणवीर के सपोर्ट में आईं कंगना फिल्म 'डॉन 3' से रणवीर के बाहर होने और FWICE के नॉन-कोऑपरेशन के मामले पर एक्ट्रेस कंगना रनोट ने रिएक्शन दिया। मंगलवार को वह अपनी आने वाली फिल्म 'भारत भाग्य विधाता' के ट्रेलर लॉन्च पर पहुंचीं। कंगना से जब इस मुद्दे पर सवाल पूछा गया, तो उन्होंने कहा कि जिंदगी में आगे बढ़ने पर रुकावटें आती ही हैं। एक्ट्रेस ने कहा कि उन्हें भी पहले कई लोगों ने बैन किया था, लेकिन इससे कोई फर्क नहीं पड़ता। हैसियत बढ़ती है तो दुश्मन भी बढ़ते हैं कंगना ने इवेंट के दौरान रणवीर का जिक्र करते हुए कहा, 'आप मुझसे यह सवाल पूछ रहे हैं, मुझे तो हर किसी ने बैन किया हुआ है। मैं यही कहना चाहूंगी कि जब आपकी हैसियत बढ़ती है, तो आपके दुश्मन भी बढ़ते हैं। ऐसा कभी नहीं हो सकता कि आपकी हैसियत बढ़े और दुश्मन न बढ़ें। आज रणवीर सिंह को सोचना चाहिए कि उनकी क्या हैसियत है कि उनके इतने दुश्मन बन गए हैं। यह एक तरह से अच्छा ही है।' कंगना ने अपनी जिंदगी का उदाहरण देते हुए आगे कहा कि जब आप लाइफ में आगे बढ़ते हैं तो कई तरह की मुश्किलें आती हैं। रास्ता हमेशा आसान नहीं हो सकता। उन्होंने कहा, 'मेरे साथ तो इतना सब कुछ हुआ है, लेकिन देखिए आज मैं अच्छा काम कर रही हूं। मेरी गाड़ी भी अच्छी चल रही है। इसलिए इन चीजों से कोई फर्क नहीं पड़ता है, समय के साथ सब कुछ ठीक हो जाएगा।' डॉन 3 विवाद से जुड़ी यह खबर भी पढ़ें… रणवीर सिंह के समर्थन में आए राम गोपाल वर्मा:डॉन 3 विवाद पर बोले- FWICE को बैन करो, एक्टर को नहीं 'डॉन 3' विवाद के बीच फिल्ममेकर राम गोपाल वर्मा रणवीर सिंह के सपोर्ट में सामने आए हैं। साथ ही उन्होंने फेडरेशन ऑफ वेस्टर्न इंडिया सिने एम्प्लॉइज (FWICE) द्वारा रणवीर के खिलाफ जारी 'नॉन-कोऑपरेशन डायरेक्टिव' (असहयोग निर्देश) पर भी सवाल उठाए। पूरी खबर यहां पढ़ें…
साउथ फिल्मों की एक्ट्रेस तृषा कृष्णन ने एक्टर और तमिलनाडु के मुख्यमंत्री थलापति विजय के साथ अपने रिश्ते की ट्रोलिंग पर सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए जवाब दिया है। तृषा ने अपने पालतू डॉग की एक फोटो शेयर कर लिखा कि सिर्फ इसी को मेरी जिंदगी में दखल देने की इजाजत है। दरअसल, पिछले कुछ दिनों से सोशल मीडिया पर विजय और तृषा के रिश्ते को लेकर लगातार चर्चा चल रही है। हाल ही में दोनों को एक्टर अजीत कुमार के घर पर भी साथ देखा गया था। इंस्टाग्राम स्टोरी पर शेयर की स्टोरी तृषा ने अपनी इंस्टाग्राम स्टोरी पर एक वीडियो शेयर किया है। इसमें उनका पालतू डॉग बेड पर आराम करता नजर आ रहा है। इस वीडियो के साथ तृषा ने लिखा, एकमात्र नाक जिसे मैं अपने काम में दखल देने की इजाजत देती हूं। यूजर्स इस पोस्ट को उन लोगों के ट्रोलर्स के लिए सीधा जवाब मान रहे हैं जो पिछले काफी समय से उनकी पर्सनल लाइफ को लेकर कयास लगा रहे हैं। अजीत कुमार की मां के निधन पर साथ पहुंचे थे दोनोंयह पूरा मामला तब दोबारा चर्चा में आया जब विजय और तृषा को चेन्नई में एक्टर अजीत कुमार के घर पर देखा गया। अजीत कुमार की मां मोहिनी मणि का हाल ही में निधन हो गया है। इस दुखद खबर के बाद अजीत दुबई से तुरंत चेन्नई लौटे थे। फिल्म इंडस्ट्री और राजनीति से जुड़े कई लोग अजीत के घर संवेदना जताने पहुंचे। इसी दौरान विजय भारी सुरक्षा के बीच वहां पहुंचे और अजीत को गले लगाकर ढांढस बंधाया। उनके कुछ देर बाद तृषा भी ब्लैक कलर के सलवार सूट में अजीत के परिवार से मिलने पहुंची थीं। बर्थडे और शपथ ग्रहण समारोह से बढ़ीं अफवाहेंविजय और तृषा के बीच नजदीकियों की खबरें पिछले कुछ महीनों से लगातार सुर्खियों में हैं। मई में तृषा के बर्थडे के दौरान एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था। तिरुमला मंदिर के दर्शन करने के बाद तृषा को चेन्नई में विजय के घर से निकलते हुए देखा गया था। इसके अलावा जब विजय ने अपनी नई राजनीतिक पार्टी के लिए शपथ ग्रहण समारोह रखा था, तब भी तृषा अपनी मां उमा कृष्णन के साथ वहां मौजूद थीं। इन दोनों ही वाकयों के बाद सोशल मीडिया पर उनके रिश्ते को लेकर चर्चा तेज हो गई थी। हालांकि, रिश्ते की अफवाहों पर न तो विजय ने और न ही तृषा ने अभी तक कोई ऑफिशियल बयान दिया है। दोनों ही इस मामले पर चुप्पी साधे हुए हैं। ये खबर भी पढ़ें विजय का नाम सुन शरमाईं तृषा कृष्णन:फैन ने कहा- थलापति से कहना कि मैंने उनका हालचाल पूछा है; एक्ट्रेस ने किया रिएक्ट चेन्नई में शुक्रवार को थिएटर से बाहर निकलते समय एक फैन ने तृषा कृष्णन से विजय का जिक्र किया तो एक्ट्रेस ब्लश कर गईं। शुक्रवार को तृषा चेन्नई में अपनी नई रिलीज फिल्म ‘करुप्पु’ की स्क्रीनिंग में पहुंचीं। इस दौरान डायरेक्टर आरजे बालाजी और एक्टर कार्थी भी मौजूद थे। पूरी खबर पढ़ें
मल्टीस्टारर फिल्म ‘वेलकम टू द जंगल’ से अक्षय कुमार और दिशा पाटनी के साथ ‘ऊंचा लंबा कद फॉरएवर’ गाना रिलीज हो गया है। इस फिल्म में विंदु दारा सिंह भी अहम रोल में नजर आएंगे। उन्होंने एक खास बातचीत में इस फिल्म को लेकर रोचक जानकारियां साझा करते हुए बताया कि ‘यह सिर्फ एक फिल्म नहीं, बल्कि भारतीय सिनेमा का महाकुंभ है। पिछले कई दशकों में शायद ही कोई ऐसी फिल्म बनी हो, जिसमें इतने बड़े कलाकार एक साथ नजर आए हों। सेट पर कई बार उन्हें खुद यकीन नहीं होता था कि इतने सारे नामी कलाकार एक ही प्रोजेक्ट का हिस्सा हैं। मेरा मानना है कि फिल्म का स्केल, कलाकारों की संख्या और इसकी प्रस्तुति दर्शकों को चौंकाने वाली है।’ कई बड़े एक्टर्स को एक साथ लेकर फिल्म बनाना चैलेंजिंग है विंदु ने फिल्म की तुलना पुराने दौर की मल्टीस्टारर फिल्मों से करते हुए कहा कि ‘मुझे राजकुमार कोहली की ‘जानी दुश्मन’ याद आती है, जिसमें उस समय के कई बड़े सितारे एक साथ नजर आए थे। हालांकि आज के दौर में एक फिल्म के लिए इतने बड़े कलाकारों को एक साथ लाना अपने आप में बड़ी उपलब्धि है। अहमद ने संभाला मुश्किल काम इतनी बड़ी स्टारकास्ट को एक साथ मैनेज करना आसान नहीं था। विंदु बताते हैं कि ‘शूटिंग शुरू होने से पहले कलाकारों के बीच भी यह चर्चा होती थी कि निर्देशक अहमद खान इतने बड़े सेटअप को कैसे संभालेंगे। शुरुआत में सभी के मन में थोड़ी आशंका थी, लेकिन जैसे-जैसे शूटिंग आगे बढ़ी, पूरी टीम को अहमद खान की कार्यशैली पर भरोसा हो गया।’ पिछले पार्ट्स से अलग है कहानी फिल्म की कहानी को लेकर विंदु ने साफ किया कि ‘दर्शकों को ‘वेलकम’ और ‘वेलकम बैक’ की कहानी दिमाग से निकालकर थिएटर जाना होगा। यह फ्रेंचाइज का तीसरा भाग जरूर है, लेकिन इसकी कहानी पूरी तरह नई है। उन्होंने कहा कि फिल्म का डीएनए वही पुराना ‘वेलकम’ वाला रहेगा, लेकिन प्रस्तुति और पैमाना पहले से कहीं ज्यादा बड़ा है। अक्षय पूरी तरह फ्रंट फुट पर नजर आएंगे। इस बार एक्शन और कॉमेडी दोनों है।’ ट्रेलर में दिखेगा ‘प्रत्येक फ्रेम का पागलपन’, 11 जून को है लॉन्च फिल्म का ट्रेलर 11 जून को यशराज स्टूडियो में लॉन्च किया जाएगा। विंदु का कहना है कि ‘ट्रेलर दर्शकों को फिल्म के विशाल स्केल की पहली झलक देगा। शूटिंग का एक दिलचस्प किस्सा है कि कई बार एक ही फ्रेम में इतने कलाकार मौजूद होते थे कि उन्हें लगता था कैमरे में जगह ही नहीं बचेगी। ट्रेलर सिर्फ एक झलक होगी, क्योंकि फिल्म में अब भी कई बड़े सरप्राइज और कुछ ऐसे कलाकार हैं, जिनकी मौजूदगी को मेकर्स ने जानबूझकर छिपाकर रखा है। ये सरप्राइज सीधे सिनेमाघरों में सामने आएंगे।’ स्क्रिप्ट में हुए थे कई बदलाव, एक्टर्स की डेट्स भी चुनौती बनी विंदु ने कहा कि ‘हर फिल्म की अपनी जर्नी होती है और हर किरदार हर कहानी में फिट नहीं बैठता। स्क्रिप्ट में समय-समय पर बदलाव हुए और कुछ कलाकारों की उपलब्धता भी चुनौती बनी। हालांकि मेकर्स को भरोसा है कि दर्शकों को थिएटर में अनिल कपूर और नाना पाटेकर की कमी महसूस नहीं होगी। फिल्म में मौजूद सभी पुराने कलाकारों और नए किरदारों की ऊर्जा इतनी जबरदस्त है कि दर्शक लगातार हंसते रहेंगे। इस फिल्म का संगीत बड़ा सरप्राइज होगा। जल्द ही कई और गाने भी रिलीज होंगे।’
अभिनेता रामचरण और एक्ट्रेस जान्हवी कपूर की आने वाली फिल्म 'पेद्दी' के प्रमोशन के दौरान विजयवाड़ा में एक अजीब वाकया सामने आया है। स्टेज पर फिल्म के प्रमोशन के दौरान रामचरण जैसा दिखने वाला एक हमशक्ल फैन अचानक उनकी तरफ तेजी से दौड़ा। इस घटना से रामचरण के बगल में बैठीं जान्हवी कपूर बुरी तरह घबरा गईं। हालांकि, रामचरण के पर्सनल बॉडीगार्ड और एमएमए फाइटर केविन कुंटा ने मुस्तैदी दिखाते हुए फैन को रास्ते में ही रोक लिया और गोद में उठाकर स्टेज से बाहर कर दिया। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। रामचरण की तरह ही दिख रहा था फैनयह घटना उस समय हुई जब रामचरण, जान्हवी कपूर और फिल्म के निर्देशक बुची बाबू सना स्टेज पर बैठे थे। तभी भीड़ में से निकलकर रामचरण का एक जबरा फैन सुरक्षा घेरा तोड़ते हुए स्टेज पर आ गया। यह फैन दिखने में काफी हद तक रामचरण जैसा ही लग रहा था। वह तेजी से एक्टर के करीब पहुंचने की कोशिश कर रहा था। अचानक हुए इस घटनाक्रम से स्टेज पर मौजूद सभी लोग हैरान रह गए। बॉडीगार्ड ने दिखाई मुस्तैदीफैन रामचरण को छू पाता, उससे पहले ही उनके पर्सनल बॉडीगार्ड केविन कुंटा बीच में आ गए। केविन एक प्रोफेशनल एमएमए फाइटर हैं। उन्होंने तुरंत स्थिति को संभाला और फैन को अपनी बाहों में उठाकर स्टेज से दूर ले गए। केविन की इस फुर्ती की सोशल मीडिया पर काफी तारीफ हो रही है। रामचरण के फैंस उनके बॉडीगार्ड की समझदारी और चुस्ती की सराहना कर रहे हैं, जिससे स्थिति बिगड़ने से बच गई। घबरा गईं जान्हवी, बढ़ाई गई सुरक्षासोशल मीडिया पर वायरल हुए वीडियो में साफ दिख रहा है कि फैन के अचानक करीब आने से जान्हवी कपूर काफी असहज और डरी हुई नजर आईं। वे अपनी सीट पर ही सहम गईं और उनकी घबराहट चेहरे पर साफ दिख रही थी। इस घटना के तुरंत बाद सुरक्षा टीम अलर्ट हो गई। जान्हवी और रामचरण की सुरक्षा के लिए उनके चारों तरफ बड़ी संख्या में पुलिस और निजी सुरक्षाकर्मियों को तैनात कर दिया गया, ताकि इवेंट को बिना किसी बाधा के पूरा किया जा सके। फिल्म पेड्डी के बारे में जानिए पेड्डी एक स्पोर्ट्स ड्रामा फिल्म है, जो खेल के माध्यम से अपनी पहचान तलाशने वाले एक व्यक्ति की कहानी पर आधारित है। फिल्म को बुच्ची बाबू सना ने लिखा और डायरेक्ट किया है। इसका प्रोडक्शन वेंकट सतीश किलारू ने वृद्धि सिनेमाज के बैनर तले किया है। फिल्म को मैत्री मूवी मेकर्स और सुकुमार राइटिंग्स प्रेजेंट कर रहे हैं। फिल्म में राम चरण, जाह्नवी कपूर, शिव राजकुमार, दिव्येंदु और जगपति बाबू प्रमुख भूमिकाओं में हैं। पेड्डी 4 जून को सिनेमाघरों में रिलीज होगी।
विश्व पर्यावरण दिवस के मौके पर रविवार को भामला फाउंडेशन के विमेन-लेड ग्रीन मोबिलिटी प्रोग्राम के तहत पिंक ई-रिक्शा सहायता पहल की शुरुआत की गई। कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस की पत्नी अमृता फडणवीस ने ई-रिक्शा चलाया। वहीं, रिक्शा में उनके पीछे बॉलीवुड एक्ट्रेस भूमि पेडनेकर बैठी थीं। देखें कार्यक्रम की 2 तस्वीरें- भूमि ने पिंक ई-रिक्शा पहल की तारीफ की मीडिया से बातचीत करते हुए भूमि ने कार्यक्रम को लेकर कहा कि यह सिर्फ पर्यावरण से जुड़ी पहल नहीं है, बल्कि महिलाओं की सुरक्षा, सशक्तिकरण और आर्थिक आजादी को भी बढ़ावा देने वाला कदम है। भूमि ने कहा कि जब भामला फाउंडेशन ने उन्हें इस पहल के बारे में बताया, तो उन्होंने तुरंत इसका हिस्सा बनने की इच्छा जताई। उन्होंने कहा कि इस योजना के तहत महिला ड्राइवरों को ई-रिक्शा दिए जाएंगे, जिससे उन्हें रोजगार और आर्थिक मजबूती मिलेगी। भूमि ने कहा कि अगर देश की महिलाएं सक्षम होंगी तो देश और तेजी से आगे बढ़ेगा। उन्होंने कहा कि महिला सशक्तिकरण की बातें तो अक्सर होती हैं, लेकिन भामला फाउंडेशन ने इसे जमीन पर उतारकर दिखाया है। मुंबई में 1000 ई-रिक्शा लॉन्च होंगे भूमि ने उम्मीद जताई कि पिंक ई-रिक्शा की यह पहल पूरे देश में फैलेगी। उन्होंने बताया कि मुंबई में 1000 पिंक ई-रिक्शा लॉन्च किए जा रहे हैं, जबकि महाराष्ट्र में 12 हजार ई-रिक्शा शुरू करने का लक्ष्य रखा गया है। भामला फाउंडेशन मुंबई की एक गैर-सरकारी संस्था (एनजीओ) है। इसकी शुरुआत साल 1995 में आसिफ भामला ने की थी। शुरुआत में यह संस्था सामाजिक और राष्ट्रीय एकता से जुड़े मुद्दों पर काम करती थी। बाद में इसने अपने काम का दायरा बढ़ाया। आज यह संस्था पर्यावरण बचाने, स्वास्थ्य जागरूकता फैलाने, युवाओं को आगे बढ़ाने और महिलाओं को सशक्त बनाने के लिए कई अभियान चलाती है। वर्कफ्रंट की बात करें तो भूमि पेडनेकर आखिरी बार अमेजन प्राइम की वेब सीरीज 'दलदल' में नजर आई थीं। इस सीरीज में उन्होंने डीसीपी रीटा फरेरा का किरदार निभाया था। भूमि पेडनेकर से जुड़ी यह खबर भी पढ़ें… संघर्ष, ट्रॉमा-रिजेक्शन से उठकर स्ट्रॉन्ग एक्ट्रेस बनीं भूमि पेडनेकर:बोलीं- स्कूल में बुलिंग होती थी, तभी सोचा कि एक दिन सबको कुछ बनकर दिखाऊंगी संघर्ष, ट्रॉमा, रिजेक्शन और सामाजिक तानों के बीच खुद को साबित करने वाली अभिनेत्री का नाम है भूमि पेडनेकर। मुंबई की चमकदार फिल्म इंडस्ट्री में पहचान बनाना आसान नहीं होता, खासकर तब जब शुरुआत आत्म-संदेह, असुरक्षा और निजी आघातों से भरी हो। पूरी खबर यहां पढ़ें…
बॉलीवुड एक्ट्रेस रवीना टंडन के भाई राजीव टंडन के घर से 25 लाख रुपए के सोने-हीरे के गहने और घड़ियां चोरी करने के आरोप में पुलिस ने एक महिला को गिरफ्तार किया है। जुहू पुलिस के मुताबिक, 47 वर्षीय आरोपी महिला राशि छाबड़िया को रवीना टंडन की बुजुर्ग मां वीणा टंडन की देखभाल के लिए केयरटेकर रखा गया था। आरोपी महिला ने परिवार का भरोसा जीतकर लॉकर से चोरी की वारदात को अंजाम दिया। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर मामले की जांच शुरू कर दी है। अक्टूबर में पता चली थी चोरी की बातपुलिस एफआईआर के मुताबिक, यह चोरी पिछले साल अक्टूबर में पकड़ी गई थी। राजीव टंडन के परिवार ने जब अपने घर का सेफ (तिजोरी) चेक किया, तो वह टूटा हुआ था। लॉकर से सोने और हीरे के गहने समेत दो कीमती घड़ियां गायब थीं। चोरी हुए सामान की कुल कीमत करीब 25 लाख रुपए बताई गई है। घर की दूसरी मंजिल पर सिर्फ परिवार के लोग और केयरटेकर राशि छाबड़िया ही जा सकते थे, जहां यह लॉकर रखा हुआ था। बातचीत में कबूला जुर्म, घड़ियां लौटाईं पर गहने नहींराजीव टंडन ने जब राशि छाबड़िया से इस बारे में पूछताछ की, तो उसने पहले आरोपों से इनकार किया। बाद में उसने चोरी की बात मान ली। आरोपी महिला ने चोरी की दो महंगी घड़ियां तो परिवार को लौटा दीं, लेकिन गहने वापस नहीं किए। उसने दावा किया कि सारे गहने उसने जगदीश नाम के अपने एक साथी को दे दिए हैं और वह जल्द ही इन्हें वापस लाकर दे देगी। हालांकि, बार-बार कहने के बाद भी उसने गहने वापस नहीं किए। शिकायत करने पर मिली ड्रग्स केस की धमकीराजीव टंडन की शिकायत के अनुसार, जब उन्होंने अपने गहने वापस मांगने के लिए दबाव बनाया, तो उन्हें धमकियां मिलने लगीं। राशि छाबड़िया के एक साथी ने खुद को पुलिस मुखबिर बताते हुए राजीव टंडन को डराया। उसने कहा कि अगर उन्होंने गहने वापस मांगने का सिलसिला बंद नहीं किया, तो वह उन्हें नशीले पदार्थों (नारकोटिक्स) के झूठे केस में फंसा देगी। इसके बाद परिवार ने पुलिस में मामला दर्ज कराया। साल 2020 से परिवार से जुड़ी थी आरोपीराजीव टंडन ने पुलिस को बताया कि राशि छाबड़िया खार इलाके की रहने वाली है। कुछ कॉमन दोस्तों के जरिए वह साल 2020 से उनके परिवार में आ-जा रही थी। पति और माता-पिता की मौत के बाद वह टंडन परिवार के काफी करीब आ गई थी। इसी वजह से उसे घर में कहीं भी आने-जाने की पूरी छूट मिली हुई थी। जुहू पुलिस ने राशि को 21 मई को गिरफ्तार किया था, जिसके बाद कोर्ट ने उसे 29 मई तक पुलिस कस्टडी में भेजा था। मामले की जांच अभी जारी है।
बॉलीवुड एक्ट्रेस कंगना रनोट ने अपनी डेब्यू फिल्म गैंगस्टर को लेकर बताया कि यह फिल्म देखने के बाद उनके माता-पिता खुश नहीं थे और फिल्म के कुछ सीन्स को लेकर चिंतित थे। अपनी आगामी फिल्म भारत भाग्य विधाता के प्रमोशन के दौरान एक्ट्रेस ने बताया, गैंगस्टर देखने के बाद मेरे पिताजी ने कोई प्रतिक्रिया ही नहीं दी। फिर मैंने माताजी से पूछा, मम्मी, आपको मेरी फिल्म कैसी लगी? तो उन्होंने कहा, नहीं, हमारे समाज में... तुम अभी बहुत छोटी थीं, अंडरएज भी थीं। तुमसे इस तरह के सीन करवा लिए गए। एक्ट्रेस ने कहा, “मैंने कहा, पूरी फिल्म में आपको वही सीन दिखे? सच कहूं तो मेरा दिल टूट गया था। मुझे बहुत बुरा लगा कि उन्होंने उस फिल्म को इस तरह देखा क्योंकि वे लोग सोच रहे थे कि समाज क्या सोचेगा, कि उनकी बेटी कैसी फिल्में कर रही है।” कंगना ने कहा कि उसी समय उन्होंने फैसला कर लिया था कि वह अपनी फिल्मों को लेकर माता-पिता से किसी खास प्रतिक्रिया की उम्मीद नहीं करेंगी, क्योंकि उनका परिवार फिल्मी दुनिया से नहीं जुड़ा था। ‘क्वीन’ के लिए मिला था अमिताभ बच्चन का पत्र एक्ट्रेस ने बताया कि जब मुझे फिल्म 'क्वीन' के लिए अमिताभ बच्चन जी का एक खूबसूरत पत्र मिला, जिसमें उन्होंने मेरी परफॉर्मेंस की तारीफ की थी, तब मैंने सोचा कि जिस तरह अमिताभ बच्चन मेरे काम को समझ सकते हैं, मेरे पिताजी वैसा नहीं समझ सकते और इसके लिए मैं उनसे नाराज भी नहीं हो सकती, क्योंकि वह कलाकार नहीं हैं। उनका अपना अलग काम है। नेशनल अवॉर्ड मिलने पर परिवार खुश हुआ कंगना ने यह भी बताया कि समय के साथ उनके माता-पिता की सोच बदली। जब उन्हें नेशनल अवॉर्ड मिला तो उनका परिवार बेहद खुश हुआ। उन्हें लगा कि उनकी बेटी को देश के राष्ट्रपति के हाथों सम्मान मिला है। इसके बाद जब कंगना को पद्मश्री पुरस्कार मिला तो यह उनके परिवार के लिए एक बड़ा टर्निंग पॉइंट साबित हुआ। उनके मुताबिक, तब उनके माता-पिता को एहसास हुआ कि फिल्मों में काम करते हुए भी सम्मान, पहचान और बड़े नागरिक सम्मान हासिल किए जा सकते हैं। उन्होंने कहा कि इसके बाद उनके परिवार ने उनके काम को एक अलग नजरिए से देखना शुरू किया। 'भारत भाग्य विधाता' में आएंगी नजर कंगना रनोट की अपकमिंग फिल्म भारत भाग्य विधाता वास्तविक घटनाओं से प्रेरित बताई जा रही है। फिल्म संकट की स्थिति में एक सरकारी अस्पताल के कर्मचारियों द्वारा दिखाई गई हिम्मत और मानवता की कहानी पर आधारित है। डायरेक्टर मनोज तापड़िया की इस फिल्म में गिरिजा ओक, स्मिता तांबे, अमृता नामदेव, ईशा डे, प्रिया बेर्डे और आशा शेलार भी अहम भूमिकाओं में हैं। फिल्म 12 जून 2026 को सिनेमाघरों में रिलीज होगी।
उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद में हुए सूर्या चौहान हत्याकांड को लेकर टीवी एक्ट्रेस देवोलीना भट्टाचार्जी ने कड़ी प्रतिक्रिया दी है। सोशल प्लेटफॉर्म X पर देवोलीना ने लिखा, 'इस आतंकवाद को जड़ से खत्म करना बहुत जरूरी है। घटिया सोच, घटिया परवरिश और घटिया संस्कार रखने वालों को, मां-बाप समेत सबको फांसी दे देनी चाहिए।' एक्ट्रेस ने आगे लिखा, 'योगी आदित्यनाथ, अगर रेयरेस्ट ऑफ रेयर मामलों के लिए कोई सबसे बड़ी सजा है, तो इन सबको परिवार समेत मिलनी चाहिए।' वहीं, सीएम योगी आदित्यनाथ ने सोमवार को बिजनौर में सूर्या हत्याकांड पर कहा कि अभी गाजियाबाद में दोस्ती की आड़ में छुरेबाजी हुई। यह कतई बर्दाश्त नहीं है। अगर कोई अपनी नालायक औलाद को समझा नहीं पा रहा, तो समझ लो वह गलती कर रहा है। सूर्या चौहान की चाकू मारकर हत्या हुई गाजियाबाद के खोड़ा इलाके में 28 मई को बकरीद के दिन 11वीं के छात्र सूर्या चौहान (17 वर्ष) की चाकू मारकर हत्या कर दी गई थी। रविवार (31 मई) तड़के मामले का मुख्य आरोपी असद पुलिस के एनकाउंटर में मार गिराया गया। पुलिस ने साजिश रचने के आरोप में असद के पिता नवाब समेत 3 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पांचवां आरोपी अभी फरार है। अब आरोपी असद के घर पर बुलडोजर चलेगा। सोमवार को प्रशासन की टीम असद के घर पहुंची। घर के गेट पर ताला लगा था। इसके बाद एसडीएम ने अवैध कब्जा करके घर बनाने का नोटिस दरवाजे पर चिपकाया। इसमें कहा गया कि जिस जमीन पर मकान बना है, उस पर अवैध कब्जा किया गया है। असद के पिता नवाब को 15 दिनों के भीतर एसडीएम कार्यालय में अपना जवाब देना होगा। साथ ही अवैध कब्जा खुद हटाने के लिए भी कहा गया है। पढ़ें पूरी खबर… -------------------------- यह खबर भी पढ़ें- 'सूर्या नहीं आएगा क्या?' बीमार भाई बार-बार पूछ रहा:गाजियाबाद में 5 दिन से बाजार बंद, लोग बोले- सभी बराबर दोषी, सबके घर तोड़े जाएं गाजियाबाद में सूर्या चौहान हत्याकांड के 5 दिन बाद भी खोड़ा का बाजार बंद है। सूर्या का बीमार बड़ा भाई यश चौहान लोगों से बार-बार सिर्फ एक सवाल पूछ रहा- “सूर्या नहीं आएगा क्या?” और फिर खुद ही दबी जुबां में कहता- “सूर्या चला गया…।” यहां पढ़ें पूरी खबर
अपकमिंग फिल्म 'काला हिरण' को लेकर सलमान खान की ओर से लीगल नोटिस भेजा गया है। ऐसा दावा न्यूज18 ने अपनी रिपोर्ट में किया है। रिपोर्ट में बताया गया कि सलमान की ओर से लॉ फर्म DSK लीगल ने कास्टिंग डायरेक्टर अक्षय पांडे को एक लीगल नोटिस भेजा है। इस नोटिस में 'काला हिरण' नाम की प्रस्तावित फिल्म के प्रोडक्शन और प्रमोशन को तुरंत रोकने की मांग की गई है। 24 अप्रैल 2026 को भेजे गए इस नोटिस में कहा गया है कि यह फिल्म कथित तौर पर सलमान खान के काला हिरण शिकार मामले से प्रेरित है। सलमान की लीगल टीम का दावा है कि इस फिल्म से उनकी इमेज को नुकसान पहुंच सकता है, चल रही लीगल प्रक्रिया प्रभावित हो सकती है और उनके पर्सनल राइट्स का उल्लंघन हो सकता है। सलमान की लीगल टीम का कहना है कि एक्टर ने अपने नाम, पहचान या उनसे जुड़े किसी भी कथित घटनाक्रम के इस्तेमाल की कोई अनुमति नहीं दी है। 20 जून को आना था टीजर बता दें कि सलमान से जुड़े काला हिरण शिकार मामले पर आधारित फिल्म 'काला हिरण' का पोस्टर शुक्रवार को जारी किया गया था। वहीं कहा गया था कि फिल्म का फर्स्ट लुक और टीजर 20 जून को जारी किया जाएगा। फिल्म में सलमान और गैंगस्टर लॉरेंस के बीच के विवाद को दिखाया जाएगा। हालांकि, यह जानकारी सामने नहीं आई थी कि इसमें कौन लीड रोल में है। वहीं, इसके पोस्टर में जो एक्टर दिखा है, वह जाना-पहचाना नहीं है। सलमान-लॉरेंस विवाद को दिखाएगी कहानी फिल्म को लेकर IANS से बात करते हुए फिल्म के प्रोड्यूसर अमित जानी ने कहा था, ‘1998 में जोधपुर के कांकाणी गांव में सलमान खान पर काला हिरण के शिकार का आरोप लगा था। उस मामले से जुड़े कोर्टरूम ड्रामा, क्राइम, थ्रिलर और लॉरेंस व सलमान खान के बीच की दुश्मनी को फिल्मी रूप में पेश किया गया है। फिल्म की शूटिंग संभल, मुरादाबाद और उत्तर प्रदेश के अन्य शहरों में हुई है।’ 1998 में काला हिरण शिकार मामला सामने आया सलमान खान से जुड़ा काला हिरण शिकार मामला साल 1998 में सामने आया था, जब वो जोधपुर में फिल्म 'हम साथ-साथ हैं' की शूटिंग कर रहे थे। सलमान के खिलाफ कुल चार केस दर्ज किए गए थे। इनमें दो चिंकारा शिकार मामले, एक कांकाणी काला हिरण शिकार मामला और एक आर्म्स एक्ट का मामला शामिल था। काला हिरण शिकार मामले में बिश्नोई समुदाय की शिकायत पर सलमान के साथ सैफ अली खान, तब्बू, सोनाली बेंद्रे और नीलम के खिलाफ भी केस दर्ज किया गया था। इन मामलों में 12 अक्टूबर 1998 को सलमान खान को पहली बार गिरफ्तार किया गया, हालांकि बाद में उन्हें जमानत मिल गई। अप्रैल 2006 में चिंकारा शिकार मामलों में सलमान को सजा सुनाई गई। जनवरी 2017 में उन्हें आर्म्स एक्ट मामले में बरी कर दिया गया। वहीं, 5 अप्रैल 2018 को काला हिरण शिकार मामले में उन्हें 5 साल की जेल और 10 हजार रुपए जुर्माने की सजा मिली। इसी मामले में बाकी कलाकारों को बरी कर दिया गया था। बाद में सलमान को जमानत मिल गई। फिलहाल यह मामला राजस्थान हाई कोर्ट में लंबित है। मई 2026 में हुई सुनवाई के बाद अदालत ने अगली सुनवाई 13 जुलाई 2026 के लिए तय की है। सलमान खान फिलहाल जमानत पर बाहर हैं। लॉरेंस ने सलमान पर नाराजगी जाहिर की थी गौरतलब है कि लॉरेंस बिश्नोई सार्वजनिक रूप से यह कह चुका है कि वह काला हिरण शिकार मामले को लेकर सलमान खान से नाराज है। 2023 में जेल से दिए गए एबीपी न्यूज को इंटरव्यू में उसने कहा था कि सलमान खान को मारना मेरी जिंदगी का मकसद है। वहीं, साल 2024 में सलमान के घर (गैलेक्सी अपार्टमेंट) के बाहर फायरिंग हुई थी, जिसकी जिम्मेदारी लॉरेंस बिश्नोई के विदेश में बैठे भाई अनमोल बिश्नोई ने ली थी। ………. सलमान खान से जुड़ी यह खबर भी पढ़ें… सलमान के घर फायरिंग केस;बॉडीगार्ड बोले-एक्टर को मारना चाहते थे:2024 में बाइक सवार आरोपियों ने गैलेक्सी अपार्टमेंट पर गोलियां चलाई थीं सलमान खान के पर्सनल बॉडीगार्ड ने 2 मई को स्पेशल कोर्ट में बताया कि अप्रैल 2024 में उनके घर के बाहर हुई फायरिंग एक्टर की हत्या की कोशिश थी। पूरी खबर यहां पढ़ें…
आईपीएस अधिकारी सिमाला प्रसाद फिल्म ‘द नर्मदा स्टोरी’ में अहम भूमिका निभाती नजर आएंगी। दैनिक भास्कर से बातचीत में उन्होंने अभिनय में आने के अनुभव और किरदार की तैयारी पर बात की। मुकेश तिवारी ने फिल्म की कहानी, मेथड एक्टिंग और सिमाला प्रसाद के परफॉर्मेंस पर विचार साझा किए। दोनों कलाकारों ने फिल्म की सोच, शूटिंग के अनुभव और सिनेमा के सामाजिक प्रभाव पर भी बात की। सवाल: आप एक IPS अधिकारी हैं, ऐसे में फिल्मों में आने का फैसला कैसे हुआ? यह फिल्म आपको कैसे ऑफर हुई? जवाब/सिमाला प्रसाद: मैंने पहले भी थिएटर किया है और कुछ रोल निभाए हैं। फिल्म की शूटिंग मध्य प्रदेश में होनी थी और इसमें पुलिस अधिकारी का किरदार था। फिल्म सच्ची घटनाओं से प्रेरित है और एक बड़े सामाजिक मुद्दे को उठाती है। इसकी कहानी और प्रस्तुति मुझे आकर्षक लगी। इसलिए मैंने इसका हिस्सा बनने का फैसला किया। सवाल: क्या आपके रियल लाइफ अनुभव इस किरदार को निभाने में काम आए? जवाब/सिमाला प्रसाद: रियल लाइफ और किरदार निभाना अलग बातें हैं। असल जिंदगी में मैं आईपीएस अधिकारी हूं, लेकिन फिल्म के किरदार की अपनी यात्रा और भावनाएं हैं। उसके अपने सपने, संघर्ष और अनुभव हैं। यह समझना कि वह किन परिस्थितियों से गुज़री है और किसी स्थिति पर वैसी प्रतिक्रिया क्यों देती है, मेरे लिए सबसे बड़ा चैलेंज था। सवाल: पुलिस सेवा और एक्टिंग, दोनों ही चुनौतीपूर्ण क्षेत्र हैं। आपको किसमें ज्यादा चुनौती महसूस हुई? जवाब/सिमाला प्रसाद: हर काम अपने आप में चुनौतीपूर्ण होता है। हर क्षेत्र में मेहनत, अध्ययन और तैयारी की जरूरत होती है। पुलिस अधिकारी के तौर पर हर दिन नए चैलेंज लेकर आता है। वहीं एक एक्ट्रेस के रूप में ऐसे व्यक्ति का किरदार निभाना होता है, जिसकी जिंदगी आपने कभी नहीं जी होती। इसलिए दोनों क्षेत्रों में तैयारी और समर्पण जरूरी है। सवाल: मुकेश तिवारी जैसे अनुभवी अभिनेता के साथ काम करने का अनुभव कैसा रहा? जवाब/सिमाला प्रसाद: शुरुआत में स्वाभाविक रूप से घबराहट थी। तैयारी पूरी थी, लेकिन शूटिंग को लेकर अनिश्चितता थी। शूटिंग शुरू होने के बाद सह-कलाकारों से काफी सहयोग मिला। उनके सकारात्मक रवैये और समर्थन ने बेहतर प्रदर्शन में मदद की। सवाल: मुकेश जी, आपने कई यादगार किरदार निभाए हैं। इस फिल्म में ऐसा क्या है जो दर्शकों को चौंकाएगा? जवाब (मुकेश तिवारी): इस फिल्म में मैंने दर्शकों को चौंकाने की अलग कोशिश नहीं की। जो किरदार लिखा गया, उसे सादगी और ईमानदारी से निभाया। अपने अनुभव या स्टारडम का बोझ किरदार पर नहीं डाला। चरित्र को समझकर सच्चाई के साथ पेश करने की कोशिश की। सवाल: जब आपको फिल्म का ऑफर मिला तो सबसे पहले किस बात ने प्रभावित किया? जवाब/मुकेश तिवारी: मुझे इसकी कहानी ने प्रभावित किया। यह किसी की पीड़ा का महिमामंडन नहीं करती, बल्कि एक यात्रा दिखाती है। फिल्म जजमेंटल नहीं होती। इसमें कई कहानियां साथ चलती हैं और अंत में एक बिंदु पर मिलती हैं। यही इसकी खूबसूरती है। सवाल: जब आपको पता चला कि फिल्म में आईपीएस अधिकारी सिमला प्रसाद भी एक्टिंग कर रही हैं, तब आपकी प्रतिक्रिया क्या थी? जवाब/मुकेश तिवारी: हमारी मुलाकात शूटिंग के दौरान हुई थी। शुरुआत में मन में सवाल था कि एक आईपीएस अधिकारी अभिनय कैसे करेंगी। यह स्वाभाविक प्रतिक्रिया थी। साथ काम करने के बाद मेरी राय बदल गई। वे सीखने के लिए हमेशा तैयार थीं और अभिनय सहजता से कर रही थीं। बाद में लगा कि उन्हें पहले जज करना मेरी गलती थी। सवाल: क्या आपको लगता है कि 'द नर्मदा स्टोरी' सिर्फ मनोरंजन नहीं, बल्कि एक सामाजिक संवाद भी शुरू करेगी? जवाब/मुकेश तिवारी: मनोरंजन और संवाद एक-दूसरे के विरोधी नहीं हैं। यह फिल्म भाषण देने या दर्शकों को बोझिल करने की कोशिश नहीं करती। यह एक कहानी है, जिसे स्वाभाविक रंगों के साथ पेश किया गया है। गंभीर कहानी का अपना मनोरंजन भी होता है। दर्शक इसे संवेदनशील और ईमानदार कहानी के रूप में देखेंगे। सवाल: मेथड एक्टिंग को लेकर काफी चर्चा होती है। आप इसे किस तरह देखते हैं? जवाब/मुकेश तिवारी: मेथड एक्टिंग कोई फॉर्मूला नहीं, बल्कि अभ्यास की प्रक्रिया है। जैसे गायक रियाज करता है और नर्तक अभ्यास करता है, वैसे ही अभिनेता की भी तैयारी होती है। हर कलाकार की अपनी पद्धति होती है। सिर्फ तैयारी काफी नहीं, अंत में क्राफ्ट के साथ प्रदर्शन भी करना होता है। सवाल: सिमला जी, आपने अपने किरदार के लिए किस तरह तैयारी की? जवाब/सिमला प्रसाद: सबसे पहले मैंने स्क्रिप्ट को समझा। फिर निर्देशक और लेखक से बातचीत कर किरदार की पृष्ठभूमि जानी। मैंने समझने की कोशिश की कि ऐसे माहौल से आई लड़की का स्वभाव और सोच कैसी होगी। इसी आधार पर किरदार को समझने और निभाने की कोशिश की। सवाल: शूटिंग के दौरान ऐसा कौन-सा पल था, जो आज भी आपको याद है? जवाब/सिमाला प्रसाद: ऐसे कई पल हैं, लेकिन लॉकअप वाला एक सीन हमेशा याद रहेगा। पूछताछ के दौरान मुकेश जी को जोरदार थप्पड़ पड़ता है। सीन के बाद पूरे सेट पर कुछ क्षण के लिए सन्नाटा छा गया था। सभी लोग रुक गए थे। वह पल काफी प्रभावशाली था। सवाल: एक महिला आईपीएस अधिकारी होने के नाते, क्या आपको लगता है कि सिनेमा समाज में बदलाव ला सकता है? जवाब/सिमाला प्रसाद: बिल्कुल। सिनेमा एक शक्तिशाली माध्यम है। इसकी सबसे बड़ी ताकत है कि यह ऑडियो-विजुअल रूप में बड़ी संख्या में लोगों तक पहुंचता है। कई बार पर्दे पर देखी बातें हमारे मन में ज्यादा गहराई से दर्ज हो जाती हैं। इसलिए समाज पर सिनेमा का प्रभाव बड़ा होता है।
फिल्म प्रोड्यूसर और फिल्म फेडरेशन ऑफ इंडिया (FFI) के पूर्व अध्यक्ष टीपी अग्रवाल ने फिल्म एसोसिएशनों की ओर से कलाकारों पर लगाए जाने वाले बैन के खिलाफ कोर्ट का रुख किया है। अग्रवाल ने मुंबई की दिंडोशी सिविल कोर्ट में फेडरेशन ऑफ वेस्टर्न इंडिया सिने एम्प्लॉइज (FWICE) और इंडियन मोशन पिक्चर प्रोड्यूसर्स एसोसिएशन (IMPPA) के खिलाफ याचिका दायर की है। उनका कहना है कि किसी भी संस्था के पास किसी कलाकार पर काम करने से रोकने या नॉन-कोऑपरेशन का निर्देश जारी करने का कानूनी अधिकार नहीं है। कोर्ट ने दोनों संगठनों को नोटिस जारी कर दिया है। रणवीर सिंह विवाद के बीच उठाया कदमयह मामला ऐसे समय में सामने आया है जब हाल ही में FWICE ने बॉलीवुड एक्टर रणवीर सिंह के खिलाफ नॉन-कोऑपरेशन यानी असहयोग का निर्देश जारी किया था। रणवीर सिंह का प्रोडक्शन हाउस एक्सेल एंटरटेनमेंट के साथ फिल्म 'डॉन 3' फिल्म छोड़ने के बाद से विवाद चल रहा है। इसके बाद फेडरेशन ने अपने सदस्यों को रणवीर के साथ काम न करने के लिए कहा था। इसी तरह के बॉयकॉट के फैसलों को टीपी अग्रवाल ने कोर्ट में चुनौती दी है। उनका कहना है कि इस तरह के फैसले कलाकारों की आजीविका को नुकसान पहुंचाते हैं। संगठन को बैन लगाने का अधिकार नहींअग्रवाल ने अपनी याचिका में दलील दी है कि फिल्म इंडस्ट्री से जुड़ी कोई भी ट्रेड बॉडी या एसोसिएशन कानूनन किसी व्यक्ति को काम करने से नहीं रोक सकती। उन्होंने कहा कि फिल्म इंडस्ट्री आपसी सहयोग से चलती है। इस तरह के मामलों को सही कानूनी और प्रोफेशनल तरीकों से सुलझाया जाना चाहिए। किसी को काम करने से रोकने की कोशिश को हल्के में नहीं लिया जा सकता। इससे लोगों के काम करने की आजादी और क्रिएटिविटी पर सीधा असर पड़ता है। फिल्म फेडरेशन के अध्यक्ष रह चुके टीपी अग्रवाल टीपी अग्रवाल फिल्म इंडस्ट्री के सबसे सीनियर और प्रभावशाली चेहरों में से एक हैं। वे 17 साल तक इम्पा (IMPPA) के अध्यक्ष रह चुके हैं। इसके अलावा वे चार बार फिल्म फेडरेशन ऑफ इंडिया (FFI) के अध्यक्ष भी चुने गए। वर्तमान में वे FFI और IMPPA दोनों संगठनों में संरक्षक (पेट्रन) के पद पर हैं। डॉन 3 छोड़ने के बाद शुरू हुआ विवादरणवीर सिंह और फेडरेशन के बीच यह विवाद तब शुरू हुआ जब एक्टर ने अचानक फरहान अख्तर की फिल्म 'डॉन 3' से अलग होने का फैसला किया। फेडरेशन का आरोप है कि रणवीर के इस फैसले से फिल्म का शेड्यूल बिगड़ गया और प्रोड्यूसर्स को 45 करोड़ का आर्थिक नुकसान उठाना पड़ा। इसी शिकायत के बाद FWICE ने 25 मई को रणवीर के खिलाफ नॉन-कोऑपरेशन डायरेक्टिव जारी किया था। हालांकि यह कोई कानूनी बैन नहीं है, लेकिन इसके कारण फिल्म की शूटिंग के दौरान लॉजिस्टिक्स और वर्कर्स को जुटाने में दिक्कतें आ सकती हैं।
फिल्म प्रोड्यूसर वाशू भगनानी ने म्यूजिक कंपनी टिप्स के रमेश तौरानी और डायरेक्टर डेविड धवन के साथ अपने पुराने रिश्तों पर 31 साल बाद चुप्पी तोड़ी है। वाशू भगनानी ने कहा है कि रमेश तौरानी कैंप की कुछ हरकतों से उन्हें ऐसा लगा जैसे उनके भरोसे को तोड़ा गया है। उन्होंने साल 1995 की सुपरहिट फिल्म 'कुली नंबर 1' का एक किस्सा शेयर करते हुए बताया कि फिल्म की कामयाबी के बाद उन्होंने डायरेक्टर डेविड धवन और एक्टर गोविंदा को अपने पैसों से कार गिफ्ट की थी, क्योंकि रमेश तौरानी इसका हिस्सा नहीं बनना चाहते थे। दरअसल यह पूरा विवाद डेविड धवन के डायरेक्शन और रमेश तौरानी के प्रोडक्शन में बन रही फिल्म के चुनरी चुनरी गाने के बाद शुरू हुआ है। वासू ने रमेश रमेश तौरानी और डेविड धवन पर चुनरी चुनरी गाना चुराने का आरोप लगाया है। रमेश ने कार गिफ्ट करने से मना किया वाशू भगनानी ने अपने बयान में कहा कि वे हमेशा से यह मानते आए हैं कि फिल्म की कामयाबी का फायदा उन लोगों को मिलना चाहिए जिन्होंने इसे बनाया है। 1995 में जब 'कुली नंबर 1' रिलीज होने वाली थी, तब टिप्स कंपनी इस फिल्म में 50 परसेंट की पार्टनर थी। वाशू भगनानी ने रमेश तौरानी को सुझाव दिया था कि वे दोनों मिलकर फिल्म की सफलता के लिए डेविड धवन और गोविंदा को कार गिफ्ट करें। लेकिन रमेश तौरानी ने इससे साफ मना कर दिया था। इसके बाद वाशू भगनानी ने अपने स्तर पर दोनों को कार गिफ्ट की थी। गानों के रीमेक को लेकर चल रहा है विवादयह पूरा विवाद डेविड धवन के डायरेक्शन और रमेश तौरानी के प्रोडक्शन में बन रही फिल्म 'है जवानी तो इश्क होना है' के गानों को लेकर शुरू हुआ है। इस फिल्म में वाशू भगनानी की पुरानी फिल्मों के सुपरहिट गानों 'चुनरी चुनरी' और 'इश्क सोना है' को रीक्रिएट किया जा रहा है। वाशू भगनानी का कहना है कि उनकी फिल्म 'कुली नंबर 1' (2020) के फ्लॉप होने से उन्हें करीब 27 करोड़ रुपए का नुकसान हुआ था, जिसकी जिम्मेदारी किसी ने नहीं ली। अब उनकी ही फिल्मों के गानों को बिना उनकी सहमति के इस्तेमाल करने को उन्होंने फिल्म इंडस्ट्री की नैतिकता के खिलाफ बताया है। चुप्पी को कमजोरी न समझा जाएप्रोड्यूसर ने कहा कि एक समय ऐसा आता है जब आपकी चुप्पी को आपकी सहमति मान लिया जाता है। वे किसी विवाद के लिए नहीं बल्कि केवल अपने अनुभव और सच को रिकॉर्ड पर रखने के लिए यह बातें कह रहे हैं। पिछले कुछ सालों में उनके साथ जो चीजें हुईं, उससे उन्हें बहुत निराशा हुई है और ऐसा लगा जैसे उनके भरोसे का गलत फायदा उठाया गया है। उन्होंने साफ किया कि की उनकी इन बातों का किसी कानूनी विवाद या मालिकाना हक की लड़ाई से कोई संबंध नहीं है। एक्टर्स और राइटर्स को मिले म्यूजिक रॉयल्टी का हिस्सावाशू भगनानी ने कहा कि पूजा एंटरटेनमेंट हमेशा से एक परिवार की तरह रहा है। अगर उनके बनाए और प्रोड्यूस किए गए गानों से भविष्य में कोई रॉयल्टी या कमाई होती है, तो उसका एक हिस्सा उन एक्टर्स, डायरेक्टर्स और राइटर्स को मिलना चाहिए जिन्होंने उन गानों को खास बनाया। उन्होंने अमिताभ बच्चन, गोविंदा, सलमान खान, अक्षय कुमार, करिश्मा कपूर, करीना कपूर, तब्बू, अनिल कपूर, सैफ अली खान, सुष्मिता सेन और दिवंगत सतीश कौशिक के परिवार का नाम लेते हुए कहा कि कामयाबी सिर्फ बातों में नहीं बल्कि काम में दिखनी चाहिए। मामले से जुड़ी ये खबर भी पढ़ें वासु भगनानी ने डेविड धवन पर किया केस:फिल्म ‘है जवानी तो इश्क होना है’ के चुनरी चुनरी गाने पर विवाद; रिलीज रोकने की मांग फिल्म प्रोड्यूसर वासु भगनानी की कंपनी पूजा एंटरटेनमेंट ने टिप्स इंडस्ट्रीज और फिल्म मेकर डेविड धवन के खिलाफ बॉम्बे हाईकोर्ट में 400 करोड़ रुपए का केस किया है। यह विवाद वरुण धवन की आने वाली फिल्म 'है जवानी तो इश्क होना है' में 1999 की हिट फिल्म 'बीवी नंबर 1' के दो गानों के इस्तेमाल को लेकर है। पूरी खबर पढ़ें डेविड धवन पर भड़के वाशु भगनानी:बोले- कुली नंबर 1 से ₹27 करोड़ का घाटा हुआ; नुकसान के बाद वरुण ने हालचाल नहीं पूछा प्रोड्यूसर वाशु भगनानी ने शुक्रवार को फिल्म 'है जवानी तो इश्क होना है' में गाने 'चुनरी चुनरी' के इस्तेमाल पर नाराजगी जताई। फिल्म को डेविड धवन ने डायरेक्ट किया है और रमेश तौरानी के टिप्स बैनर ने इसे प्रोड्यूस किया है। पूरी खबर पढ़ें
बॉलीवुड अभिनेत्री करिश्मा कपूर जल्द ही जी 5 की वेब सीरीज ‘ब्राउन’ में नजर आने वाली हैं। अभिनय देव के निर्देशन में बनी यह सीरीज 5 जून को ओटीटी प्लेटफॉर्म पर स्ट्रीम होगी। इस नियो-नोयर क्राइम थ्रिलर सीरीज में करिश्मा के साथ जिस्सू सेनगुप्ता, सूर्या शर्मा, सोनी राजदान और अनुभवी अभिनेत्री हेलेन शामिल हैं। वहीं परेश पाहुजा, मेघना मलिक, अजिंक्य देव, के.के. रैना और गायक शान भी विशेष भूमिकाओं में नजर आएंगे। इस सीरीज और इसकी शूटिंग के अनुभव को लेकर अभिनय देव ने दैनिक भास्कर से बातचीत की। अपराध से ज्यादा किरदारों की कहानी बताएगी यह सीरीज इस कहानी की सबसे अच्छी बात को लेकर अभिनय ने कहा कि जब मैंने इस पर बेस्ड किताब पढ़ी थी, तब मुझे यह बात बहुत पसंद आई कि यह एक क्राइम स्टोरी की तरह लिखी गई है, लेकिन इसके सभी किरदार बेहद बेहतरीन हैं। किताब में इन पात्रों को बहुत गहराई से लिखा गया है और हमने सीरीज में भी उन्हें उसी संवेदनशीलता के साथ दिखाने की कोशिश की है। ये ऐसे किरदार हैं, जो हमें रोजमर्रा की जिंदगी में तो दिखाई देते हैं, लेकिन फिल्मों में कम नजर आते हैं। कोलकाता की अनदेखी गलियों में हुई इस वेब सीरीज की शूटिंग अभिनय ने बताया कि पूरी सीरीज की शूटिंग वास्तविक लोकेशनों पर की गई है और इसके लिए एक भी सेट नहीं बनाया गया। हमने पूरी शूटिंग कोलकाता में की, लेकिन जानबूझकर शहर के उन हिस्सों को चुना जो आमतौर पर फिल्मों में दिखाई नहीं देते। इसमें आपको कोलकाता का ऐसा चेहरा देखने को मिलेगा, जिसे शायद पहले किसी फिल्म या सीरीज में नहीं दिखाया गया है। कई लोकेशन इतनी रहस्यमयी और भयावह थीं कि अगर किसी को वहां आधे घंटे खड़े रहने के लिए भी कहा जाए, तो वह सहज महसूस नहीं करेगा। सस्पेंस और ड्रामा का संतुलन सबसे बड़ी चुनौती रही क्राइम थ्रिलर बनाते समय सबसे महत्वपूर्ण बात क्या होती है, इस पर अभिनय ने कहा कि ऐसे किसी भी प्रोजेक्ट में सस्पेंस और ड्रामा दोनों को साथ लेकर चलना पड़ता है। एक निर्देशक की पकड़ इन दोनों पहलुओं पर समान रूप से मजबूत होनी चाहिए, क्योंकि दर्शकों को कहानी से जोड़े रखने के लिए रहस्य और भावनात्मक जुड़ाव, दोनों जरूरी हैं। उनके मुताबिक, अगर कोई निर्देशक इन दोनों तत्वों को बराबर महत्व देने की कोशिश करता है, तो वह अपने लिए एक बड़ी चुनौती खड़ी कर लेता है, क्योंकि दोनों के बीच संतुलन बनाए रखना आसान नहीं होता।
अनुपमा फेम एक्ट्रेस रूपाली गांगुली को घंटों बिजली जाने पर सवाल उठाने पर ट्रोलिंग का सामना करना पड़ रहा है। दरअसल, रूपाली ने सोशल मीडिया पर पोस्ट कर बताया कि उनके घर में बीती रात करीब 5 घंटे तक बिजली नहीं थी। सवाल उठाए जाने पर कुछ ट्रोलर्स ने ये कहते हुए एक्ट्रेस को ट्रोल कर दिया कि वो प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के गुणगान करती हैं, लेकिन अब असुविधा होने पर शिकायत भी कर रही हैं। मुंबई के वर्सोवा इलाके में रहने वाली रूपाली ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर बताया कि शनिवार रात 11 बजे से उनकी और पास की दो अन्य बिल्डिंग्स की बिजली गुल है। रूपाली ने बिजली सप्लाई करने वाली कंपनी अडानी ग्रुप को टैग करते हुए उनके चैटबॉट सर्विस पर भी गलत जानकारी देने का आरोप लगाया है। रात 1 बजे से पूरी तरह गुल हुई बिजलीरूपाली गांगुली ने रविवार सुबह करीब 5:29 बजे X पर एक पोस्ट शेयर की। इसमें उन्होंने लिखा कि उनकी बिल्डिंग के साथ दो अन्य सोसाइटीज में शनिवार रात 11 बजे से बिजली की समस्या शुरू हुई थी। शुरुआत में लाइटें आती-जाती रहीं, लेकिन रात 1 बजे से बिजली पूरी तरह से गुल हो गई। उन्होंने मुंबई जैसे बड़े शहर में इस तरह की लंबी पावर कट की समस्या पर हैरानी जताई है। कंपनी के चैटबॉट सर्विस पर उठाए सवालएक्ट्रेस ने अपनी पोस्ट में अडानी ऑनलाइन को टैग करते हुए कंपनी की कस्टमर सर्विस की आलोचना की। उन्होंने लिखा, 'आपका बेकार चैटबॉट पिछले 4 घंटों से कह रहा है कि समस्या 34 मिनट में ठीक हो जाएगी। अब वह कह रहा है कि इलाके में बिजली गुल है ही नहीं।' रूपाली ने कहा कि डिजिटल हेल्प डेस्क से कोई सही जानकारी नहीं मिल पा रही है और लोग परेशान हो रहे हैं। छोटे कस्बों और गांवों की स्थिति पर जताई चिंतामुंबई को देश की आर्थिक राजधानी कहा जाता है। इसी बात का जिक्र करते हुए रूपाली ने लिखा, 'जब फाइनेंशियल कैपिटल (वित्तीय राजधानी) में ऐसा हो रहा है, तो मैं सोच भी नहीं सकती कि छोटे कस्बों और गांवों में रहने वाले लोग क्या झेल रहे होंगे।' रूपाली की इस पोस्ट पर कई अन्य सोशल मीडिया यूजर्स ने भी मुंबई के अलग-अलग इलाकों में बिजली कटौती को लेकर कमेंट्स किए हैं। सवाल उठाने पर ट्रोल हुईं एक्ट्रेस रूपाली गांगुली की सोशल मीडिया पोस्ट पर यूजर्स ने भी अपनी नाराजगी जताई है। रविवार सुबह करीब 7:30 बजे रूपाली ने कमेंट बॉक्स में अपडेट देते हुए लिखा कि अभी तक बिजली नहीं आई है। उनकी पोस्ट पर एक यूजर ने राजनीतिक तंज कसते हुए कमेंट किया कि और मोदी जी के गुण गाओ। वहीं एक यूजर ने लिखा कि गर्मी और उमस के कारण रातभर बहुत बुरा हाल रहा, सुबह हमारी बिल्डिंग के ए-विंग से एक व्यक्ति अडानी के ऑफिस भी गया था लेकिन वह बंद मिला। एक दूसरे यूजर ने लिखा कि आजकल बड़े शहरों में अचानक बिजली कटौती फिर से शुरू हो गई है।
‘आवारा’, ‘श्री 420’ और ‘मदर इंडिया’ जैसी कल्ट फिल्मो की अभिनेत्री नरगिस दत्त सिर्फ एक स्टार नहीं, हिंदी सिनेमा की एक विरासत थीं। अपने करियर में 50 से ज्यादा फिल्मों में काम करने वाली नरगिस की 97वीं जयंती पर जानते हैं उनकी जिंदगी से जुड़े कुछ रोमांचक किस्से। नरगिस का जन्म ऐसे परिवार में हुआ, जहां कला और संगीत विरासत का हिस्सा थे। उनकी मां जद्दन बाई अपने दौर की मशहूर गायिका, संगीतकार, फिल्म निर्माता और अभिनेत्री थीं। बचपन में नरगिस का नाम फातिमा तेजेश्वरी रखा गया था, लेकिन फिल्मकार महबूब खान ने उन्हें नया नाम दिया- नरगिस। उनका मानना था कि ‘न’ अक्षर से शुरू होने वाले नाम भाग्यशाली होते हैं। महज 14 वर्ष की उम्र में नरगिस को महबूब खान की फिल्म ‘तकदीर’ मिली। स्क्रीन टेस्ट के दौरान ही उनकी प्रतिभा ने सभी को प्रभावित कर दिया और वे रातोंरात फिल्मी दुनिया की नई खोज बन गईं। हालांकि उनकी औपचारिक शिक्षा सीमित रही, लेकिन वे हिंदी, उर्दू, अंग्रेजी, गुजराती और मराठी भाषाएं जानती थीं। इतना ही नहीं, वे अच्छी सितार वादक भी थीं और उन्होंने उस्ताद विलायत खान से सितार सीखा था। फिल्मों में आने से पहले वे ‘बेबी रानी’ के नाम से जानी जाती थीं। राजकपूर के साथ एक अधूरी प्रेमकथा नरगिस और राज कपूर की कहानी हिंदी सिनेमा की सबसे चर्चित प्रेम कहानियों में शामिल है। दिलचस्प बात यह है कि दोनों की पहली मुलाकात तब हुई थी, जब वे बच्चे थे। वर्षों बाद जब राज अपनी पहली फिल्म ‘आग’ के लिए नायिका की तलाश कर रहे थे, तो उनकी पसंद नरगिस पर जाकर रुकी। ‘आग’ के साथ शुरू हुई यह साझेदारी जल्द ही निजी रिश्ते में बदल गई। 1948 से 1956 के बीच दोनों ने लगभग 16 फिल्मों में साथ काम किया और उनकी जोड़ी दर्शकों की पसंदीदा बन गई। ‘बरसात’, ‘आवारा’ और ‘श्री 420’ जैसी फिल्मों ने उन्हें पर्दे का सबसे लोकप्रिय रोमांटिक जोड़ा बना दिया। करीबी मित्र और अभिनेत्री निम्मी के अनुसार...‘दोनों एक-दूसरे को प्यार से ‘बेब्स’ और ‘बेबी’ कहकर बुलाते थे। लेकिन इस रिश्ते की सबसे बड़ी बाधा यह थी कि राज पहले से शादीशुदा थे।‘ 'मदर इंडिया’ ने बदली नरगिस की जिंदगी 1957 में आई ‘मदर इंडिया’ सिर्फ एक फिल्म नहीं थी, बल्कि भारतीय सिनेमा का मील का पत्थर साबित हुई। इसी फिल्म ने नरगिस को अभिनय के उस शिखर पर पहुंचाया, जहां बहुत कम कलाकार पहुंच पाते हैं। लेकिन शूटिंग के दौरान घटी एक घटना ने उनकी निजी जिंदगी भी बदल दी। शूटिंग के दौरान सेट पर लगी आग में नरगिस फंस गईं। उस समय सुनील दत्त ने अपनी जान जोखिम में डालकर उन्हें बाहर निकाला। इस हादसे में दोनों घायल हुए, लेकिन यहीं से उनके बीच भावनात्मक नजदीकियां बढ़ीं। धीरे-धीरे यह रिश्ता प्रेम में बदल गया और 1958 में दोनों ने विवाह कर लिया। उन दिनों उनके रिश्ते को लेकर कई तरह की चर्चाएं और अफवाहें भी उड़ीं, लेकिन सुनील दत्त हर परिस्थिति में नरगिस के साथ खड़े रहे। विवाह के बाद नरगिस ने फिल्मों से लगभग दूरी बना ली और पूरी तरह परिवार को समय देना शुरू कर दिया। सुनील दत्त उन्हें प्यार से मनरो कहकर बुलाते थे, जबकि नरगिस ने उन्हें फ्रैंसली नाम दिया था।
डायरेक्टर नितेश तिवारी की फिल्म 'रामायण' में रणबीर कपूर के भगवान राम का किरदार निभाने पर फिल्ममेकर इम्तियाज अली ने अपनी प्रतिक्रिया दी है। रणबीर के साथ 'रॉकस्टार' और 'तमाशा' जैसी फिल्मों में काम कर चुके इम्तियाज ने फिल्मबीट को दिए इंटरव्यू में रणबीर की तारीफ की। उन्होंने कहा कि रणबीर एक प्योर एक्टर हैं और वे पर्दे पर कुछ भी कर सकते हैं। इम्तियाज के मुताबिक, भगवान राम का किरदार निभाना खुद रणबीर के लिए भी काफी फायदेमंद रहेगा, क्योंकि वे जिस भी किरदार को निभाते हैं, उससे बहुत कुछ सीखते हैं। रणबीर में हर तरह के रोल करने की क्षमताइम्तियाज अली से पूछा गया था कि क्या उन्होंने कभी सोचा था कि 'एनिमल' जैसी फिल्म करने वाले रणबीर कपूर 'रामायण' में भगवान राम का रोल करेंगे? इस पर इम्तियाज ने कहा, 'रणबीर एक एक्टर के तौर पर कुछ भी कर सकते हैं। उन्हें अलग-अलग तरह के रोल करने चाहिए। जब वे कोई नया रोल करते हैं, तो वे पूरी तरह उसी में ढल जाते हैं। मैं बहुत खुश हूं कि वे भगवान राम का रोल कर रहे हैं क्योंकि वे इस किरदार में एक असलियत और असर लेकर आएंगे। भगवान राम के किरदार को मानवीय और पर्सनल तरीके से देखना काफी अच्छा होगा।' इस रोल से रणबीर की जिंदगी होगी समृद्धइम्तियाज ने आगे कहा कि वे रणबीर को स्क्रीन पर श्री राम के रूप में देखने के लिए काफी उत्सुक हैं। उनके मुताबिक, इस रोल से रणबीर को खुद बहुत फायदा होने वाला है। वे एक ऐसे एक्टर हैं जो अपने निभाए जा रहे किरदार की खूबियों को खुद के अंदर सोख लेते हैं। वे भगवान राम के चरित्र से काफी कुछ अच्छी चीजें अपनी असल जिंदगी में साथ लेकर जाएंगे। यह अनुभव उनके लिए बहुत समृद्ध करने वाला साबित होगा। दो पार्ट में रिलीज होगी फिल्म रामायणनितेश तिवारी के डायरेक्शन में बन रही 'रामायण' भारतीय सिनेमा के सबसे बड़े प्रोजेक्ट्स में से एक है। नमित मल्होत्रा के प्रोडक्शन में बन रही इस मेगा बजट फिल्म को दो भागों में रिलीज किया जाएगा। फिल्म का पहला पार्ट दिवाली 2026 पर सिनेमाघरों में आएगा, जबकि इसका दूसरा पार्ट दिवाली 2027 में रिलीज करने की तैयारी है। इस फिल्म का संगीत ऑस्कर विजेता संगीतकार एआर रहमान और हंस जिमर तैयार कर रहे हैं। हाल ही में फिल्म का पहला टीजर भी रिलीज किया गया था। फिल्म की स्टारकास्ट और रणबीर का डबल रोलइस फिल्म में रणबीर कपूर के अलावा कई बड़े स्टार्स नजर आने वाले हैं। फिल्म में साई पल्लवी माता सीता का किरदार निभा रही हैं। वहीं केजीएफ फेम एक्टर यश रावण के रोल में दिखेंगे। इनके अलावा सनी देओल हनुमान और रवि दुबे लक्ष्मण के किरदार में नजर आएंगे। रणबीर कपूर इस फिल्म में भगवान राम के साथ-साथ भगवान परशुराम का किरदार भी निभाते नजर आएंगे। रणबीर ने हाल ही में एक इंटरव्यू में कहा था कि उन्हें भगवान विष्णु के दो अलग-अलग अवतारों को निभाने का मौका मिला, जो उनके लिए शानदार अनुभव है।
बॉबी देओल जल्द ही आलिया भट्ट के साथ यश राज प्रोडक्शन की फर्स्ट फीमेल लीड स्पाई यूनिवर्स की फिल्म अल्फा में नजर आने वाले हैं। बीते लंबे समय से चर्चा है कि अल्फा की शूटिंग के बीच बॉबी देओल और आलिया भट्ट में अनबन हो गई है। हालांकि अब बॉबी देओल ने इन खबरों पर चुप्पी तोड़ते हुए इसे अफवाह करार दिया है। बॉबी देओल की फिल्म बंदर जल्द ही रिलीज होने वाली है। इससे पहले वो रजत शर्मा के शो आप की अदालत में पहुंचे थे। शो में रजत ने उनसे अल्फा के सेट पर हुई आलिया भट्ट से अनबन की खबरों पर सवाल किया, तो बॉबी ने कहा, मुझे भी किसी दोस्त ने भेजा था उस खबर का स्नैपशॉट, मैं भी हैरान था। लोग इतने वेल्ले हैं कि कुछ भी लिखकर बना देते हैं। आगे बॉबी ने कहा, ‘मैंने अभी रणबीर के साथ फिल्म की, फिर मुझे जब पता चला कि मुझे आलिया के साथ एक फिल्म मिली है, तो मैंने सोचा कि ये हो क्या रहा है मेरे साथ, क्योंकि दोनों ही मेरे फेवरेट एक्टर हैं। दोनों के साथ मुझे काम करने मिल रहा है। ये बहुत अच्छा है। वो कितनी अच्छी एक्ट्रेस है, कितनी हार्डवर्किंग है। कितनी प्रोफेशनल है। उसको फाइट सीक्वेंस करना हो तो बहुत तैयार रहती है।’ आगे बॉबी देओल ने झगड़े को अफवाह बताते हुए कहा, ‘ये भी बोला गया (अफवाह में) है कि बॉबी देओल इतना नाराज था कि आदित्य चोपड़ा ने उसको एक और फिल्म ऑफर कर दी। अब मैं हर किसी के पास जाकर अपनी बात तो साबित नहीं कर सकता। मैं खुशनसीब हूं कि मैं यहां हूं और आपने ये सवाल पूछा है और मैं जवाब दे रहा हूं।’ आखिर में बॉबी देओल ने कहा, ‘लोग इंस्टाग्राम से ऑब्सेस्ड रहते हैं। उसमें 90 प्रतिशत कहानियां असल नहीं होतीं। उसमें थोड़ी सी सच्चाई होती है, लेकिन ज्यादा बताई जाती है। हम सबको आदत है।’ जानिए कैसी थीं अनबन की खबरें फरवरी में साउथ न्यूज साइट 123 तेलुगु की रिपोर्ट में दावा किया गया था कि अल्फा के सेट में बॉबी देओल और आलिया भट्ट का झगड़ा हो गया। झगड़े की वजह थी आलिया भट्ट का बार-बार उन सीन में हस्तक्षेप करना, जिन्हें वो बॉबी देओल के साथ फिल्मा रही थीं। झगड़े इतने बढ़ने लगे कि आदित्य चोपड़ा को शूटिंग जारी रखने के लिए बीच-बचाव करना पड़ा। हालांकि अब बॉबी देओल साफ कर चुके हैं कि झगड़े की खबरें महज अफवाह हैं। फिल्म अल्फा के बारे में- ये यश राज फिल्म्स के स्पाई यूनिवर्स की 7वीं और फीमेल लीड वाली पहली फिल्म है। आलिया भट्ट, शरवरी वाघ, बॉबी देओल और अनिल कपूर फिल्म में अहम किरदारों में हैं। ऋतिक रोशन, इस यूनिवर्स की फिल्म वॉर के किरदार कबीर का कैमियो रोल प्ले करने वाले हैं। फिल्म 3 जुलाई को रिलीज होने के लिए शेड्यूल है। इसके बाद ही इस स्पाई यूनिवर्स की फिल्में पठान 2 और टाइगर वर्सेस पठान रिलीज होंगी। फिल्म का निर्देशन शिव रवैल ने किया है। बंदर में नजर आएंगे बॉबी देओल बॉबी देओल जल्द ही फिल्म बंदर में नजर आएंगे, जो 5 जून को सिनेमाघरों में रिलीज हो रही है। फिल्म में उनके साथ सपना पब्बी और सबा आजाद लीड रोल में हैं। फिल्म में बॉबी देओल ने एक आउटडेटेड म्यूजिशियन का किरदार निभाया है, जो करियर रिवाइव करने की जद्दोजहद के बीच एक विवाद में फंस जाते हैं। फिल्म का निर्देशन अनुराग कश्यप ने किया है।
साउथ के जाने-माने एक्टर प्रकाश राज ने फिर एक बार प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर निशाना साधा है। उन्होंने नरेंद्र मोदी के चाय बेचने वाले दावे पर सवाल उठाते हुए, आपत्तिजनक बातें कही हैं। दरअसल, एक सोशल मीडिया यूजर ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की आलोचना करते हुए लिखा था, मुझे पूरा यकीन है कि मोदी न तो चाय बेचने वाले थे और न ही भिखारी थे, वह पैदाइशी झूठे हैं। इस पर प्रकाश राज ने रिएक्ट करते हुए लिखा है, मुझे नहीं पता कि उन्होंने कभी चाय बेची थी या भीख मांगी थी या नहीं। लेकिन मैं उनके झूठों का गवाह रहा हूं। बताइए मेरी इस बात से कौन कौन सहमत है। सिर्फ पूछ रहा हूं। प्रकाश राज की हुई आलोचना नरेंद्र मोदी के खिलाफ दिए गए बयान के बाद प्रकाश राज की जमकर आलोचना हो रही है। एक सोशल मीडिया यूजर ने लिखा है, जब किसी व्यक्ति के खिलाफ कोई ठोस बात नहीं मिलती और आप उस पर शारीरिक रूप से भी हमला नहीं कर सकते, तब आप उसके चरित्र हनन और तंज कसने का सहारा लेने लगते हैं। वहीं एक यूजर ने लिखा, “आपको सिर्फ आलोचना करने के बजाय देश को आगे बढ़ाने में योगदान देना चाहिए। बेकार की बातें करने और सरकार की आलोचना करने के बजाय राष्ट्र निर्माण में मदद कीजिए। क्या आपने कभी सरकार या देश के लिए कुछ किया है? लोग हमेशा यही क्यों सोचते हैं कि सरकार उन्हें मुफ्त सुविधाएं देती रहे? नागरिकों को भी अपनी जिम्मेदारियां निभानी चाहिए।” नरेंद्र मोदी के खिलाफ दिए गए एक्टर प्रकाश राज के हालिया बयान-

