करनाल जिले के मधुबन थाना क्षेत्र में आर्वधन नहर की पटरी पर वीरवार शाम पुलिस और बदमाश के बीच मुठभेड़ हो गई। जवाबी कार्रवाई में बदमाश की टांग में गोली लगी, जिसके बाद उसे काबू कर लिया गया। घायल को इलाज के लिए सरकारी अस्पताल भेजा गया है। हालत नॉर्मल होने के बाद आरोपी को कोर्ट में पेश कर रिमांड पर लेकर पूछताछ की जाएगी। सीआईए-1 की टीम को शाम के समय सूचना मिली कि कर्ण विहार में फायरिंग करने वाला आरोपी स्कूटी पर आर्वधन नहर के किनारे अपने गांव की तरफ जा रहा है। सूचना मिलते ही टीम मौके पर पहुंची और आरोपी को रुकने का इशारा किया। पुलिस को देखते ही वह भागने लगा और पुलिस की गाड़ी पर फायर कर दिया। इसके बाद पुलिस ने जवाबी फायरिंग की, जिसमें गोली उसकी टांग में लगी और वह गिर गया। पुलिस ने मौके पर ही उसे काबू कर लिया और उसके पास से अवैध हथियार बरामद कर लिया। इस खबर को अपडेट किया जा रहा है…
इंदौर हाईकोर्ट में चल रही धार भोजशाला मामले की नियमित सुनवाई के दौरान गुरुवार को मुस्लिम पक्ष की ओर से सीनियर एडवोकेट सलमान खुर्शीद ने महत्वपूर्ण ऐतिहासिक दस्तावेज और संदर्भ प्रस्तुत किए। उन्होंने 2003 में तत्कालीन मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह को लिखे गए पत्र और लेखक रामसेवक गर्ग की पुस्तक का हवाला देते हुए धार के इतिहास से जुड़े नए तथ्य अदालत के समक्ष रखे। सुनवाई के दौरान मुस्लिम पक्ष ने तर्क दिया कि लगभग 1100 ईस्वी में गुजरात के राजवंश द्वारा धार पर आक्रमण कर उसे तहस-नहस कर दिया था। प्रस्तुत पुस्तक के अंशों के आधार पर यह कहा गया कि बाद में मुस्लिम शासकों ने पहले से उजड़े हुए शहर को व्यवस्थित किया, न कि किसी नए विध्वंस को अंजाम दिया मुस्लिम पक्ष के अनुसार यह तथ्य उन दावों का खंडन करता है। जिनमें धार के ऐतिहासिक नुकसान के लिए मुस्लिम शासकों को जिम्मेदार ठहराया जाता रहा है। ब्रिटिश म्यूजियम के पत्र का भी हवाला सुनवाई में ब्रिटिश म्युजियम के एक पत्र को भी साक्ष्य के रूप में पेश किया गया। इसमें स्पष्ट किया गया कि जिस प्रतिमा को वाग्देवी (सरस्वती) बताया जा रहा है, वह दरअसल जैन धर्म से जुड़ी “अंबिका” देवी की प्रतिमा है। मुस्लिम पक्ष का कहना है कि यह दस्तावेज भोजशाला से जुड़े कई प्रचलित दावों की पुनः जांच की आवश्यकता को दर्शाता है। याचिकाकर्ता और वकील का पक्ष याचिकाकर्ता अब्दुल समद और उनके नूर मोहम्मद शेथ ने कहा कि प्रस्तुत दस्तावेज भोजशाला के इतिहास और प्रतिमा से जुड़े तथ्यों को स्पष्ट करते हैं, वहीं भारतीय पुरातत्व विभाग (ASI) की ओर से एडवोकेट अविरल विकास खरे ने कोर्ट को बताया कि वर्ष 1904 से भोजशाला परिसर संरक्षित स्मारक है और इस पर केंद्र सरकार का अधिकार है। ऐसे में इस परिसर पर किसी भी निजी स्वामित्व का दावा मान्य नहीं हो सकता। वीडियोग्राफी पर अगली बहस कोर्ट निर्देश दिए हैं कि एएसआई सर्वे की वीडियोग्राफी सभी पक्षों 27 अप्रैल तक उपलब्ध कराई जाए। इसके बाद आगे की बहस उसी आधार पर जारी रहेगी।
SGPGI की इमरजेंसी में ब्रेन हेमरेज के बाद लाए गए 20 वर्षीय युवक को डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। इसके बाद पोस्टमार्टम को लेकर परिजनों और सुरक्षा कर्मियों के बीच विवाद हो गया। परिजनों का आरोप है कि सुरक्षा कर्मियों ने उनके साथ धक्का-मुक्की और अभद्रता की। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। मृतक के परिजनों के अनुसार, गोसाईंगंज थाना क्षेत्र के पड़ेहरा निवासी किसान अजय पांडेय का 20 वर्षीय बेटा दिव्यांशु पांडेय गुरुवार दोपहर करीब 12 बजे मोहनलालगंज स्थित अपने ननिहाल गया था। वहां पहुंचते ही वह अचानक जमीन पर गिर पड़ा। परिजन उसे आनन-फानन में पीजीआई इमरजेंसी ले गए, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया और प्राथमिक तौर पर ब्रेन हेमरेज की आशंका जताई। डॉक्टरों ने मामले को संदिग्ध मानते हुए पोस्टमार्टम कराने की बात कही, जबकि परिजन इसके लिए तैयार नहीं थे। इसी बात को लेकर विवाद बढ़ गया। आरोप है कि जब परिजन और उनके साथ मौजूद अधिवक्ता अंदर जाने लगे तो सुरक्षा कर्मियों ने उन्हें धक्का देकर बाहर निकाल दिया और उनके साथ अभद्रता भी की। सूचना पर पहुंची पुलिस ने किसी तरह मामला शांत कराया और शव का पंचनामा कर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। मृतक की मां रश्मि और बहन स्नेहा का रो-रोकर बुरा हाल है। SGPGI के सुरक्षा अधिकारी डी.के. पांडेय ने बताया कि मामला उनके संज्ञान में नहीं था, वीडियो देखने के बाद जांच कराई जाएगी। पीजीआई चौकी प्रभारी परवेज आलम के अनुसार, डॉक्टरों द्वारा केस को संदिग्ध मानने पर पोस्टमार्टम कराने की बात कही गई थी, इसी को लेकर कहासुनी हुई, शव का पोस्टमार्टम कराया गया है।
राजस्थान क्रिकेट एसोसिएशन (RCA) की एडहॉक कमेटी राज्य में क्रिकेट के विकास और विस्तार को लेकर लगातार सक्रिय नजर आ रही है। युवा खिलाड़ियों को बेहतर क्रिकेट इंफ्रास्ट्रक्चर, पारदर्शी खेल माहौल और अधिक अवसर उपलब्ध कराने के उद्देश्य से एडहॉक कमेटी ने जिला क्रिकेट संघों से फीडबैक लेना शुरू कर दिया है। इसी कड़ी में अंडर-14 और अंडर-16 क्रिकेट प्रतियोगिताओं में सुधार, खिलाड़ियों के TA-DA में बढ़ोतरी और राज्य स्तरीय प्रतियोगिताओं को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर लाइव करने जैसे महत्वपूर्ण सुझाव सामने आए हैं। RCA एडहॉक कमेटी के संयोजक डॉ. मोहित जसवंत यादव ने बताया कि कमेटी ने पदभार संभालते ही राजस्थान क्रिकेट को फिर से मजबूत और व्यवस्थित करने की दिशा में काम शुरू कर दिया था। लक्ष्य है कि राज्य के युवा खिलाड़ियों को उच्च स्तरीय क्रिकेट सुविधाएं, बेहतर प्रशिक्षण और पारदर्शी खेल वातावरण मिले, ताकि वे राष्ट्रीय स्तर पर बेहतर प्रदर्शन कर सकें। उन्होंने कहा कि एडहॉक कमेटी हर स्तर पर जिला क्रिकेट संघों और खिलाड़ियों से समन्वय स्थापित कर रही है और उनके सुझावों को गंभीरता से लिया जा रहा है। इसी उद्देश्य से डूंगरपुर, उदयपुर, बाड़मेर और पाली जिला क्रिकेट संघों के प्रतिनिधियों के साथ बैठक आयोजित की गई। बैठक में RCA एडहॉक कमेटी के संयोजक डॉ. मोहित जसवंत यादव, सदस्य धनंजय सिंह खींवसर, आशीष तिवाड़ी, अर्जुन बेनीवाल और अरिष्ट सिंघवी मौजूद रहे। वहीं जिला क्रिकेट संघों की ओर से डूंगरपुर जिला क्रिकेट संघ के सचिव सुशील जैन, उदयपुर जिला क्रिकेट संघ के सचिव मनोज चौधरी, बाड़मेर जिला क्रिकेट संघ के सचिव देवाराम चौधरी और पाली जिला संघ के सचिव धर्मवीर सिंह ने भाग लिया। बैठक में सबसे अहम सुझाव अंडर-14 और अंडर-16 क्रिकेट प्रतियोगिताओं को मल्टी-डे फॉर्मेट में आयोजित करने को लेकर दिया गया। जिला संघों का मानना है कि इससे युवा खिलाड़ियों को अपनी प्रतिभा दिखाने के अधिक अवसर मिलेंगे और वे केवल टी-20 या वनडे ही नहीं, बल्कि डे क्रिकेट के महत्व को भी समझ सकेंगे। डॉ. मोहित जसवंत यादव ने बताया कि मल्टी-डे फॉर्मेट से खिलाड़ियों की तकनीकी क्षमता और मानसिक मजबूती दोनों बेहतर होंगी, जिससे वे भविष्य में उच्च स्तर की क्रिकेट के लिए अधिक तैयार हो सकेंगे। एडहॉक कमेटी के सदस्य आशीष तिवाड़ी ने बताया कि खिलाड़ियों के हितों को ध्यान में रखते हुए राज्य स्तरीय प्रतियोगिताओं में मिलने वाले TA-DA में आवश्यक बढ़ोतरी की जाएगी। इससे खिलाड़ियों का मनोबल बढ़ेगा और आर्थिक रूप से भी उन्हें राहत मिलेगी। कमेटी का प्रयास है कि युवा खिलाड़ियों को हर स्तर पर बेहतर समर्थन मिले। वहीं सदस्य धनंजय सिंह खींवसर ने बताया कि आगामी घरेलू क्रिकेट सत्र की प्रतियोगिताओं और गतिविधियों को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर लाइव किया जाएगा। इससे राज्य के पुरुष और महिला खिलाड़ियों के प्रदर्शन को अधिक लोगों तक पहुंचाया जा सकेगा और क्रिकेट गतिविधियों में पारदर्शिता भी बढ़ेगी।एडहॉक कमेटी के सदस्य अर्जुन बेनीवाल ने बताया कि जिला संघों से राज्य के सभी जिलों में स्तरीय क्रिकेट मैदान उपलब्ध कराने को लेकर भी फीडबैक मिला है। कमेटी का लक्ष्य है कि सभी 33 जिला क्रिकेट संघ केंद्रों पर राज्य स्तरीय प्रतियोगिताओं के आयोजन और खिलाड़ियों के प्रशिक्षण के लिए बेहतर क्रिकेट ग्राउंड उपलब्ध कराए जाएं। सदस्य अरिष्ट सिंघवी ने बताया कि RCA एडहॉक कमेटी राज्य के सभी जिलों के पूर्व खिलाड़ियों को भी क्रिकेट गतिविधियों से जोड़ना चाहती है। उनकी योग्यता के अनुसार उन्हें सपोर्ट स्टाफ, कोचिंग और RCA पैनल से जोड़ा जाएगा, ताकि उनके अनुभव का लाभ युवा खिलाड़ियों को मिल सके।
राजगढ़ जिले के माचलपुर थाना क्षेत्र में पुलिया पर हुई लूट के मामले में पुलिस ने एक आरोपी को 37 दिन बाद गिरफ्तार किया है। इस घटना में घायल पीड़ित को 16 दिन बाद अस्पताल में होश आया था, जिसके बाद मामला दर्ज किया जा सका। पुलिस के अनुसार, ग्राम रामगढ़ निवासी होकम सिंह (47) ने 1 अप्रैल 2026 को रिपोर्ट दर्ज कराई थी। उन्होंने बताया कि 14 मार्च की रात करीब 7:30 बजे वह अपने रिश्तेदार कमल सिंह को बाइक से उसके गांव छोड़ने जा रहे थे। इसी दौरान छापी नदी की पुलिया के पास आरोपी ने उनकी जेब से पर्स निकाल लिया। जब होकम सिंह ने विरोध किया, तो आरोपी ने उन्हें धक्का दे दिया। इससे वह पुलिया के नीचे गिरकर गंभीर रूप से घायल हो गए और बेहोश हो गए। नकदी समेत कागज लूट फरार हो गया थाहोकम सिंह को 30 मार्च को अस्पताल में होश आया। उनके पर्स में 5 हजार रुपए नकद, आधार कार्ड, एटीएम कार्ड और ड्राइविंग लाइसेंस था, जिसे आरोपी लूटकर फरार हो गया था। रिपोर्ट के आधार पर माचलपुर थाने में प्रकरण दर्ज कर जांच शुरू की गई। पुलिस टीम ने तकनीकी साक्ष्यों और मुखबिर की सूचना के आधार पर 21 अप्रैल को आरोपी कमल सिंह राजपूत (54) निवासी अरनिया को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने आरोपी के कब्जे से लूटी गई 5 हजार रुपए की नकद राशि बरामद की है। आरोपी को न्यायालय में पेश कर न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया गया है। इस कार्रवाई में थाना प्रभारी आदित्य सोनी और उनकी टीम की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
मेरठ यूपी बोर्ड रिजल्ट में बेटियों का दबदबा:हाईस्कूल टॉप 10 में 9 और इंटर में 7 छात्राएं जिला टॉपर
उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षा परिषद द्वारा वर्ष 2026 की हाईस्कूल और इंटरमीडिएट परीक्षा के परिणाम घोषित कर दिए गए हैं। मेरठ जिले में इस बार छात्राओं ने शानदार प्रदर्शन करते हुए सफलता का परचम लहराया है। हाईस्कूल में अदीबा और इंटरमीडिएट में वंशिका उपाध्याय ने जिले में प्रथम स्थान प्राप्त किया है। परिणाम घोषित होते ही मेधावी छात्रों के घरों और स्कूलों में खुशी का माहौल बन गया। हाईस्कूल में अदीबा ने किया जिला टॉप हाईस्कूल परीक्षा में सेंट जोसेफ गर्ल्स इंटर कॉलेज, सरधना की छात्रा अदीबा ने 95.67 प्रतिशत अंक प्राप्त कर जिले की मेरिट सूची में पहला स्थान हासिल किया। जहानारा मेमोरियल पब्लिक इंटर कॉलेज के छात्र दक्ष 95.50 प्रतिशत अंकों के साथ दूसरे स्थान पर रहे।तीसरे स्थान पर SDHT SVM इंटर कॉलेज, गंगानगर की छात्रा तृप्ति रहीं, जिन्होंने 94.83 प्रतिशत अंक प्राप्त किए। इसी स्कूल के आयुष ने 94.67 प्रतिशत अंकों के साथ चौथा स्थान हासिल किया। एमजीएस इंटर कॉलेज, अरनावली के याकुल 94.33 प्रतिशत अंक लेकर पांचवें स्थान पर रहे। इंटरमीडिएट में वंशिका उपाध्याय बनीं टॉपर इंटरमीडिएट परीक्षा में एएस इंटर कॉलेज, मवाना की छात्रा वंशिका उपाध्याय ने 93.40 प्रतिशत अंक प्राप्त कर जिले में पहला स्थान हासिल किया। स्टार अल फलाह इंटर कॉलेज, किठौर की ज़मरुद 91.60 प्रतिशत अंकों के साथ दूसरे स्थान पर रहीं। SDHT SVM इंटर कॉलेज, गंगानगर की सपना ने 91.40 प्रतिशत अंक प्राप्त कर तीसरा स्थान हासिल किया। इसी कॉलेज की पायल 91.20 प्रतिशत अंकों के साथ चौथे और किंजल 90.60 प्रतिशत अंकों के साथ पांचवें स्थान पर रहीं। छात्राओं ने पाई सर्वाधिक सफलता जिले की टॉप-10 सूची में अदीबा, दक्ष, तृप्ति, आयुष, याकूल, तान्या, आर्यन, कीर्ति, चीनू और अनन्या मित्रा है। 10 में से 7 छात्राएं और 3 छात्र हैं। 12वीं के जिला टॉपर के टॉप 10 की लिस्ट में 10 में से 9 छात्राएं हैं। वंशिका उपाध्याय टॉपर, जमररुद सेकेंड टॉपर और सपना थर्ड टॉपर हैं। इसके अलावा पायल, किंजल, निकिता, आंचल, दिव्यांशी, मेहशर भी टॉप टेन में हैं। दसवें स्थान पर एक छात्र केवल हर्ष है।
उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षा परिषद (यूपी बोर्ड) ने गुरुवार शाम 4 बजे हाईस्कूल और इंटरमीडिएट परीक्षा के परिणाम घोषित कर दिए। इसके साथ ही छात्रों का लंबे समय से चला आ रहा इंतजार समाप्त हो गया। गाजियाबाद जिले में इस वर्ष कुल 53,888 परीक्षार्थियों ने परीक्षा दी। इन्हीं परिणामों में गाजियाबाद के महर्षि दयानंद विद्यापीठ की दसवीं की छात्रा आयशा ने 89.3 प्रतिशत अंक प्राप्त किए। अच्छे अंक हासिल करने के बावजूद आयशा भावुक हो गईं। दरअसल, उन्हें 95 प्रतिशत से अधिक अंक आने की उम्मीद थी, क्योंकि उन्होंने सभी विषयों की परीक्षा बेहतर ढंग से दी थी। आयशा ने बताया कि जिन विषयों में उन्हें अच्छे अंक मिलने का पूरा भरोसा था, उनमें भी अपेक्षा से कम नंबर आए हैं। इस वजह से वह थोड़ी निराश हैं। हालांकि, उन्होंने अपने परिणाम को स्वीकार करते हुए भविष्य में और बेहतर प्रदर्शन करने का संकल्प लिया है। उनके पिता एक शिक्षक हैं, जिन्होंने उन्हें हमेशा पढ़ाई के लिए प्रेरित किया है। आयशा का सपना डॉक्टर बनने का है और वह अभी से इसकी तैयारी में जुटी हैं। उन्होंने बताया कि वह NEET परीक्षा की तैयारी कर रही हैं और आगे अपने प्रदर्शन को सुधारने का प्रयास करेंगी। उनका मानना है कि यह परिणाम उनके लिए एक सीख है और वह अपनी कमियों को सुधारकर अपने लक्ष्य की ओर बढ़ेंगी। स्कूल प्रबंधन और परिवार ने आयशा की मेहनत पर गर्व व्यक्त किया है। शिक्षकों के अनुसार, आयशा शुरू से ही एक मेहनती और अनुशासित छात्रा रही हैं। उनकी यह उपलब्धि कड़ी मेहनत का परिणाम है।
लव मैरिज के दो महीने बाद किया सुसाइड:मैसेज किया-मैं मरना नहीं चाहती थी, मुझे न्याय जरूर दिलाना
आगरा में शादी के 2 महीने बाद विवाहिता ने सुसाइड कर लिया। परिजनों ने बेटी को प्रताड़ित करने का आरोप लगाया है। सुसाइड से पहले मैसेज करके बताया। कहा कि मरने के बाद न्याय दिलाना। मृतका के भाई तरुण ने बताया कि बहन कंचन की दो महीने पहले ट्रांस यमुना थाना क्षेत्र के रहने वाले शिवम वर्मा के साथ शादी हुई थी। दोनों ने लव मैरिज की थी। मगर, शादी के बाद से बहन के ससुराल वाले उसे प्रताड़ित करने लगे। अंतरजातीय विवाह होने के कारण ससुराल वाले जाति को लेकर ताने देते थे। दहेज के लिए प्रताड़ित कर रहे थे। इससे तंग आकर बहन ने बुधवार देर रात सुसाइड कर लिया। सुसाइड के बाद ससुरालीजनों ने कोई जानकारी नहीं दी। गुरुवार सुबह जीजा के दोस्त का फोन आया कि बहन ने सुसाइड कर लिया है। घर आ जाओ। तब हम पहुंचे। उस समय तक ससुराल वालों ने अंतिम संस्कार की तैयारी कर ली थी। बड़ी मुश्किल से बहन का मुंह दिखाया। मरने से पहले किए मैसेजमृतका के भाई ने बताया कि रात करीब दो बजे बहन कंचन ने अपनी सहेली को मैसेज किए। उन्होंने मैसेज में लिखा कि शादी के बाद से पति और दूसरे घरवाले परेशान कर रहे हैं। वो घुट-घुट कर जी रही है। जिससे शादी के लिए अपने परिवार वालों को छोड़ दिया वो पति हर बात पर ताने देता है। अब में ये सब सहन नहीं कर पा रही हूं। मैं मरना नहीं चाहती थी। मगर, ये लोग अब मेरे मायके वालों को परेशान करने वाले थे। मेरी मम्मी भी बहुत परेशान रही है। उन्हें और परेशान नहीं करना चाहती। सॉरी मम्मी। मरने के बाद न्याय दिलवाना। इन लोगों को सजा दिलवाना, जिससे ये किसी दूसरे के बेटी की जिंदगी बर्वाद न कर सके। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजापरिजनों की सूचना पर पुलिस मौके पर पहु्ंची। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा। मृतका के भाई की तहरीर पर पुलिस ने आरोपी पति व अन्य लोगों को हिरासत में ले लिया है।
उमाशंकर जायसवाल बने जिले के हाईस्कूल टॉपर:93.6% अंक हासिल किए, आर्थिक तंगी के बावजूद पढ़ाई जारी रखी
लखीमपुर खीरी के रमिया बेहड़ ब्लॉक की ग्राम पंचायत रामनगर बगहा के छोटे से गांव बगहा से एक ऐसी कहानी सामने आई है, जो संघर्ष, हौसले और सफलता की मिसाल बन गई है। यहां के मेधावी छात्र उमाशंकर ने हाईस्कूल परीक्षा में 93.6 प्रतिशत अंक हासिल कर जिले में टॉप किया है और पूरे इलाके का नाम रोशन कर दिया। सीमित संसाधन और विपरीत परिस्थितियां उमाशंकर के रास्ते में हमेशा चुनौती बनकर खड़ी रहीं, लेकिन उन्होंने कभी हार नहीं मानी। उनकी इस कामयाबी में उनके माता-पिता और शिक्षकों का अहम योगदान रहा। उमाशंकर कहते हैं कि आर्थिक तंगी के बावजूद परिवार ने हमेशा उनका हौसला बढ़ाया और पढ़ाई के लिए प्रेरित किया। घाघरा की कटान ने छीनी जमीन, झोपड़ी में गुजर-बसर उमाशंकर का परिवार बेहद गरीब है। कभी उनके पिता के पास तीन बीघा जमीन थी, लेकिन वह घाघरा नदी की कटान में बह गई। इसके बाद परिवार पर रोजी-रोटी का संकट खड़ा हो गया। आज पूरा परिवार 3040 की एक झोपड़ी में रहकर जीवन यापन कर रहा है। इन हालातों में पढ़ाई जारी रखना आसान नहीं था, लेकिन उमाशंकर ने अपने सपनों को टूटने नहीं दिया। जिम्मेदारियों के बीच भी नहीं छोड़ी पढ़ाई परिवार में माता-पिता के अलावा बड़े भाई ओमप्रकाश हैं, जो आर्थिक तंगी के चलते केवल आठवीं तक पढ़ सके। बड़ी बहन पूजा की भी पढ़ाई आठवीं तक ही हो पाई और अब उनका विवाह हो चुका है। छोटी बहन ममता भी आर्थिक कारणों से आगे की पढ़ाई जारी नहीं रख पा रही है। ऐसे माहौल में उमाशंकर ने पढ़ाई को ही अपना लक्ष्य बनाकर लगातार मेहनत जारी रखी। पढ़ाई के साथ कविता और खेल में भी रुचि उमाशंकर सिर्फ पढ़ाई में ही नहीं, बल्कि रचनात्मक गतिविधियों में भी आगे हैं। उन्हें कविता लिखने और खेलकूद में विशेष रुचि है। उनका मानना है कि पढ़ाई के साथ मानसिक संतुलन और रचनात्मकता भी जरूरी है। रिजल्ट के बाद दैनिक भास्कर की टीम को उन्होंने अपनी लिखी कविता भी सुनाई। बने क्षेत्र के लिए प्रेरणा उमाशंकर की सफलता ने यह साबित कर दिया कि हालात चाहे कितने भी मुश्किल क्यों न हों, मजबूत इरादों के आगे टिक नहीं सकते। उनकी उपलब्धि अब पूरे क्षेत्र के छात्रों के लिए प्रेरणा बन गई है। गांव के लोगों और शिक्षकों ने उनकी इस सफलता पर खुशी जताई और उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की है।
बेमौसम बारिश की वजह से गेहूं की फसल खराब होने से परेशान किसानों के लिए 'डबल इंजन' सरकार ने राहत का पिटारा खोल दिया है। उत्तर प्रदेश सरकार के अनुरोध पर केंद्र सरकार ने चमकविहीन और सिकुड़े हुए गेहूं को एमएसपी (न्यूनतम समर्थन मूल्य) पर खरीदने की मंजूरी दे दी है। अब किसानों को अपनी खराब दिख रही फसल को कम दाम पर बेचने की जरूरत नहीं पड़ेगी। बिना कटौती मिलेगा पूरा पैसा सरकार ने नियमों में बड़ी ढील देते हुए तय किया है कि अब 70 प्रतिशत तक चमक खो चुका गेहूं सरकारी केंद्रों पर लिया जाएगा। इसके साथ ही अगर गेहूं के दाने 20 प्रतिशत तक टूटे या सिकुड़े हुए हैं, तो भी उसे खरीदा जाएगा। सबसे बड़ी राहत की बात यह है कि इस खराब गुणवत्ता के बावजूद किसानों के भुगतान में किसी भी तरह की कटौती नहीं की जाएगी और उन्हें पूरी कीमत दी जाएगी। सत्यापन न होने पर भी नहीं रुकेगी खरीद खरीद प्रक्रिया को आसान बनाने के लिए सरकार ने एक और बड़ा फैसला लिया है। जिन किसानों का अभी तक राजस्व या चकबंदी विभाग से ऑनलाइन सत्यापन नहीं हो पाया है, उनका गेहूं भी केंद्र प्रभारी कागजात देखकर खरीद सकेंगे। प्रदेश भर में 15 जून तक गेहूं की खरीद जारी रहेगी। केंद्रों पर भीड़ कम करने के लिए टोकन व्यवस्था लागू की गई है, जिससे किसान अपनी तय तारीख पर आकर फसल बेच सकें। अफसरों की तैनाती और हेल्पलाइन नंबर पूरी व्यवस्था की निगरानी के लिए शासन ने सभी 18 मंडलों में बड़े प्रशासनिक अधिकारियों को नोडल अधिकारी नियुक्त किया है। ये अधिकारी खुद केंद्रों का दौरा करेंगे और यह सुनिश्चित करेंगे कि किसानों को कोई असुविधा न हो। अगर किसी किसान को गेहूं बेचने में कोई परेशानी आती है, तो वह टोल-फ्री नंबर 18001800150 पर संपर्क कर अपनी समस्या बता सकता है।
आजम खान के दो मुकदमों में बहस पूरी:रामपुर कोर्ट में 29 अप्रैल को सुनवाई, दूसरे पर 2 मई को फैसला
रामपुर की अदालतों में सपा नेता आजम खान से जुड़े मामलों में कानूनी गतिविधियां तेज हो गई हैं। गुरुवार को दो अलग-अलग मुकदमों में महत्वपूर्ण प्रगति हुई। रामपुर की एमपी-एमएलए मजिस्ट्रेट कोर्ट में गुरुवार को आजम खान से जुड़े दो मामलों में सुनवाई हुई, जिससे आगे की कानूनी प्रक्रिया की दिशा स्पष्ट होती दिख रही है। पहला मामला 2019 के लोकसभा चुनाव के दौरान दर्ज हुआ था, जिसमें आजम खान पर तत्कालीन जिलाधिकारी के खिलाफ आपत्तिजनक टिप्पणी करने का आरोप है। यह मुकदमा भोट थाना क्षेत्र में दर्ज किया गया था और तब से न्यायालय में विचाराधीन है। गुरुवार को हुई सुनवाई में अभियोजन पक्ष ने अपनी बहस पूरी कर ली। अभियोजन अधिकारी स्वदेश शर्मा ने अदालत के समक्ष अपने तर्क रखे। अब इस मामले में बचाव पक्ष अपनी दलीलें पेश करेगा। इसके लिए अदालत ने 29 अप्रैल की तारीख तय की है। दूसरा मामला शत्रु संपत्ति और उससे जुड़ी जमीन से संबंधित है। इसमें तीन अलग-अलग मुकदमों को एक साथ सुनने की मांग की गई थी। बचाव पक्ष ने इन मामलों को एकीकृत कर सुनवाई करने की अर्जी दी थी, जिस पर काफी समय से बहस चल रही थी। गुरुवार को इस मुद्दे पर भी सुनवाई पूरी हो गई। अब अदालत यह तय करेगी कि तीनों मामलों की सुनवाई एक साथ की जाए या अलग-अलग। इसके लिए 2 मई की तारीख निर्धारित की गई है। दोनों मामलों में अब अदालत के अगले फैसले पर सभी की नजरें टिकी हैं। एक ओर जहां 29 अप्रैल को बचाव पक्ष की बहस शुरू होगी, वहीं 2 मई को यह स्पष्ट होगा कि शत्रु संपत्ति से जुड़े मामलों की सुनवाई किस प्रकार आगे बढ़ेगी।
प्रयागराज में अज्ञात महिला का शव मिला:सिसई भट्ठे के पास झाड़ियों में मिला, पहचान मुश्किल
प्रयागराज के मऊ आइमा थाना क्षेत्र में एक अज्ञात महिला का सड़ा-गला शव मिलने से सनसनी फैल गई। यह शव सिसई कोरडी भट्ठे के पास बबूल की झाड़ियों में पाया गया। पुलिस के अनुसार, शव लगभग 5 से 7 दिन पुराना है। जानकारी के मुताबिक, भट्ठे पर काम करने वाले मजदूरों को शव से बदबू आने पर उन्होंने झाड़ियों में देखा। वहां साड़ी में लिपटा एक महिला का सड़ा-गला शव मिला। मजदूरों ने तत्काल इसकी सूचना मऊ आइमा पुलिस को दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने शव का पंचनामा भरकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पुलिस ने आसपास के लोगों से शव की पहचान कराने का प्रयास किया, लेकिन सफलता नहीं मिली। महिला की उम्र करीब 40 वर्ष बताई जा रही है। सूत्रों के अनुसार, शव इतना सड़ चुका था कि ऐसा प्रतीत होता है कि महिला की हत्या कर उसे यहां फेंका गया है। भट्ठे पर काम करने वाले लोगों ने बताया कि यहां 24 घंटे लोगों का आना-जाना लगा रहता है, ऐसे में भट्ठे से थोड़ी दूर झाड़ियों में शव मिलना आश्चर्यजनक है। सूत्रों के हवाले से यह भी बताया गया है कि महिला के ऊपर किसी ज्वलनशील पदार्थ डाला गया था, जिससे उसका चेहरा पूरी तरह झुलस गया है और सिर कंकाल में बदल गया है। इस वजह से पहचान करना बेहद मुश्किल हो रहा है। इस संबंध में एसीपी फूलपुर विवेक यादव ने बताया कि उन्हें प्रकरण की जानकारी मिली है। शव की पहचान करने के प्रयास जारी हैं और थाना मऊ आइमा के प्रभारी निरीक्षक को आवश्यक कार्रवाई के लिए निर्देशित कर दिया गया है।
लखनऊ के लोक भवन सचिवालय में अंबेडकर जयंती:उपमुख्यमंत्री बोले - बाबा साहब विश्वस्तरीय व्यक्तित्व
लखनऊ के लोक भवन सचिवालय ऑडिटोरियम में बाबा साहब डॉक्टर भीमराव अंबेडकर की जयंती पर एक भव्य कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस आयोजन में बड़ी संख्या में अधिकारी और कर्मचारी शामिल हुए। कार्यक्रम का सहयोग 'भारत रत्न बाबा साहब अंबेडकर जन्मोत्सव आयोजन समिति, उत्तर प्रदेश सचिवालय' ने किया था। उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में पहुंचे। उन्होंने बाबा साहब को विश्व स्तर का महान व्यक्तित्व बताया। पाठक ने कहा कि बाबा साहब को केवल भारत में ही नहीं, बल्कि पूरी दुनिया में सम्मान के साथ याद किया जाता है। उनकी विद्वता और सोच का लोहा आज भी हर देश मानता है। बाबा साहब ने भारत को एक अद्वितीय संविधान दिया अपने संबोधन में उपमुख्यमंत्री ने कहा कि बाबा साहब ने भारत को एक अद्वितीय संविधान दिया, जिसकी मिसाल दुनिया के किसी अन्य देश में नहीं मिलती। उन्होंने विषम परिस्थितियों में जन्म लेकर संघर्ष के दम पर जो ऊंचाई हासिल की, वह प्रेरणा का सबसे बड़ा उदाहरण है।ब्रजेश पाठक ने इस बात पर जोर दिया कि बाबा साहब ने दलित, शोषित और वंचित समाज के साथ-साथ महिलाओं को बराबरी का अधिकार दिलाने के लिए महत्वपूर्ण कार्य किए। महिलाएं अब कलम से लेकर आसमान तक अपनी पहचान बना रही उन्होंने कहा कि आज देश में महिलाओं की बढ़ती भागीदारी बाबा साहब की उसी सोच का परिणाम है। महिलाएं अब कलम से लेकर आसमान तक अपनी पहचान बना रही हैं।कार्यक्रम में मौजूद अधिकारियों और कर्मचारियों को संबोधित करते हुए उपमुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार की योजनाओं को जमीनी स्तर तक पहुंचाने में सभी की अहम भूमिका है। उन्होंने सभी को अपना सहयोगी बताते हुए बेहतर समन्वय के साथ काम करने की अपील की।
देवास में औद्योगिक थाना पुलिस ने गुरुवार को कंपनी से लोहा चोरी करने वाले दो शातिर बदमाशों को गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई 20 अप्रैल को हुई चोरी के मामले में की गई। मामले में, शिखर्जीधाम निवासी सतीश पिता शंकरलाल बैंडवाल ने रिपोर्ट दर्ज कराई थी। उन्होंने बताया कि वह देवास के इंडस्ट्रियल एरिया नंबर 1 स्थित श्री निवास बोर्ड एंड पेपर प्राइवेट लिमिटेड का संचालन करते हैं। 20 अप्रैल की रात को उनकी कंपनी से लोहे का सामान चोरी हो गया था। फरियादी की रिपोर्ट के आधार पर औद्योगिक थाना पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू की। मुखबिर से मिली सूचना के बाद पुलिस ने दो आरोपियों, शेरसिंह पिता झुझार सिंह पंवार (38) और विशाल पिता मिश्रीलाल पाटीदार (19), दोनों निवासी सर्वोदयनगर, देवास को गिरफ्तार किया। पूछताछ के दौरान, आरोपियों ने अपने साथियों के साथ मिलकर चोरी करने की बात कबूल की। पुलिस ने उनके कब्जे से चोरी किया गया लोहे का सामान बरामद कर लिया है। पुलिस आगे की पूछताछ कर रही है।
फरीदकोट के डिप्टी कमिश्नर कार्यालय में वीरवार शाम पंजाब विधानसभा के स्पीकर कुलतार सिंह संधवां द्वारा कोटकपूरा शहर और हलके में चल रहे विकास कार्यों को लेकर समीक्षा बैठक की गई। इस अवसर पर डिप्टी कमिश्नर पूनमदीप कौर भी विशेष रूप से उपस्थित रहीं। इस दौरान विभिन्न विभागों के अधिकारियों ने अपने-अपने विभागों के तहत चल रहे प्रोजेक्टों की प्रगति के बारे में विस्तार से जानकारी दी। स्पीकर संधवां ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि सभी विकास कार्य निर्धारित समय सीमा के भीतर और उच्च गुणवत्ता के साथ पूरे किए जाएं। उन्होंने कहा कि लोगों को बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध करवाना सरकार की पहली प्राथमिकता है और इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि इन महत्वपूर्ण प्रोजेक्टों को प्राथमिकता के आधार पर समयबद्ध तरीके से पूरा किया जाए, ताकि क्षेत्र के लोगों को जल्द से जल्द बेहतर सुविधाएं मिल सकें। बुनियादी ढांचे को मजबूत करने पर करें फोकस स्पीकर ने कहा कि शहर और गांवों में सड़कों, पानी की सप्लाई, सीवरेज और अन्य बुनियादी ढांचे को मजबूत करने के लिए चल रहे प्रोजेक्टों को प्राथमिकता के आधार पर पूरा किया जाए। स्पीकर संधवां ने बताया कि कोटकपूरा में तहसील कॉम्प्लेक्स, नए बस स्टैंड और नगर कौंसिल की इमारत के निर्माण के लिए पंजाब मंडी बोर्ड से जमीन प्राप्त करने की प्रक्रिया तेजी से आगे बढ़ रही है। डीसी ने अफसरों को दिए निर्देश डिप्टी कमिश्नर पूनमदीप कौर ने स्पीकर कुलतार सिंह संधवां को आश्वासन दिया कि जल्द ही इन विकास कार्यों की शुरुआत कर दी जाएगी। उन्होंने कहा कि अधिकारियों को यह भी निर्देश दिए गए हैं कि कोटकपूरा हलके सहित जिले में समग्र विकास कार्यों में तेजी लाई जाए और उन्हें समय पर पूरा किया जाए। इस मौके पर चेयरमैन मार्केट कमेटी कोटकपूरा गुरमीत सिंह आरेवाला, अतिरिक्त डिप्टी कमिश्नर (ज) संदीप मल्होत्रा, साधू राम कुसला ओएसडी टू स्पीकर, डॉ. विश्वदीप गोयल एसएमओ, जिला शिक्षा अधिकारी अंजना कौंसल, पीआरओ मनप्रीत सिंह मनी ढालीवाल, गैरी वड़िंग, गुरजीत सिंह डीएफएससी, एक्सियन नवीन कुमार, बीडीपीओ फरीदकोट नत्था सिंह, बीडीपीओ कोटकपूरा विकास कुमार, सिमरनजीत सिंह सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी और कर्मचारी उपस्थित रहे।
इलाहाबाद हाईकोर्ट की लखनऊ खंडपीठ ने एक नाबालिग लड़की के अपहरण मामले में सख्त रुख अपनाया है। न्यायालय ने अयोध्या के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) को व्यक्तिगत शपथपत्र दाखिल कर अपहरण की बरामदगी के लिए उठाए गए कदमों की जानकारी देने का आदेश दिया है। कोर्ट ने एसएसपी को तीन सप्ताह के भीतर शपथपत्र दाखिल करने को कहा है। ऐसा न करने पर उन्हें अगली सुनवाई पर व्यक्तिगत रूप से हाजिर होना होगा। इस मामले की अगली सुनवाई 26 मई को निर्धारित की गई है। यह आदेश न्यायमूर्ति अब्दुल मोईन और न्यायमूर्ति प्रमोद कुमार श्रीवास्तव की खंडपीठ ने नाबालिग के पिता द्वारा दायर याचिका पर दिया। याचिकाकर्ता के अधिवक्ता चंदन श्रीवास्तव ने न्यायालय को बताया कि यह मामला अयोध्या जनपद के महाराजगंज थाने से संबंधित है। आरोप है कि याची की 15 वर्षीय बेटी का 10 जनवरी को एक नामजद अभियुक्त ने अपहरण कर लिया था। इस संबंध में 13 जनवरी को प्राथमिकी दर्ज की गई थी, लेकिन पुलिस अभी तक लड़की को बरामद करने में विफल रही है। अधिवक्ता ने कोर्ट को यह भी बताया कि इसी नामजद अभियुक्त ने पहले भी याची की बेटी का अपहरण किया था। उस समय पुलिस ने उसे बिहार से गिरफ्तार कर लड़की को बरामद किया था। उस मुकदमे में गवाही से ठीक पहले अभियुक्त ने लड़की का फिर से अपहरण कर लिया। न्यायालय को यह भी जानकारी दी गई कि 'बचपन बचाओ आंदोलन बनाम भारत सरकार' मामले में सर्वोच्च न्यायालय के निर्देशों के बाद, केंद्र सरकार ने आदेश दिया था कि यदि चार महीने के भीतर अपहृत बच्चे की बरामदगी नहीं होती है, तो मामले को एंटी-ट्रैफिकिंग यूनिट को भेजा जाए। मामले की गंभीरता को देखते हुए, न्यायालय ने एसएसपी को जवाब दाखिल करने या व्यक्तिगत रूप से उपस्थित होने का निर्देश दिया है।
मथुरा के छाता क्षेत्र स्थित संस्कृति यूनिवर्सिटी में गुरुवार को ड्यूटी के दौरान एक कर्मचारी की मौत हो गई। घटना के बाद मृतक के परिजनों और ग्रामीणों ने विश्वविद्यालय के मुख्य गेट पर शव रखकर मुआवजे की मांग को लेकर विरोध प्रदर्शन किया। मृतक की पहचान छाता क्षेत्र के सांखी गांव निवासी 50 वर्षीय बच्चू पंडित के रूप में हुई है। वह पिछले 10 वर्षों से यूनिवर्सिटी में माली के पद पर कार्यरत थे। गुरुवार शाम करीब 4 बजे ड्यूटी के दौरान अचानक उनकी तबीयत बिगड़ गई। विश्वविद्यालय प्रशासन ने उन्हें तुरंत अस्पताल पहुंचाया, लेकिन रास्ते में ही उनकी मृत्यु हो गई। मृतक के भाई जवाहर ने विश्वविद्यालय प्रबंधन पर लापरवाही का आरोप लगाया है। उन्होंने बताया कि बच्चू पंडित लंबे समय से विश्वविद्यालय में सेवा दे रहे थे। परिजनों ने उचित मुआवजे की मांग की है। घटना की सूचना मिलते ही बड़ी संख्या में परिजन और ग्रामीण मौके पर पहुंचे। उन्होंने शव को यूनिवर्सिटी के मुख्य गेट पर रखकर प्रदर्शन शुरू कर दिया। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए पुलिस बल तैनात किया गया। काफी देर तक चले प्रदर्शन के बाद थाना प्रभारी कमलेश सिंह ने परिजनों को समझाकर शांत कराया। पुलिस ने शव का पंचनामा भरकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। थाना प्रभारी कमलेश सिंह के अनुसार, प्रारंभिक जांच में अत्यधिक गर्मी और लू लगने से तबीयत बिगड़ने को मौत का संभावित कारण माना जा रहा है। हालांकि, मृत्यु का वास्तविक कारण पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही स्पष्ट हो पाएगा। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
जालंधर के नकोदर के सिद्धम हरि सिंह गांव की निवासी जसविंदर कौर ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में अपने NRI चाचा ससुर चरणजीत सिंह पर जमीन विवाद को लेकर उत्पीड़न का आरोप लगाया है। उन्होंने पुलिस पर भी सुनवाई न करने का आरोप लगाया और कहा कि वह न्याय के लिए पंजाब के DGP और मानवाधिकार आयोग से संपर्क करेंगी। जसविंदर कौर के अनुसार, उनके परिवार के पास गांव में करीब 44 कनाल साझा जमीन है। उनके ससुर परमजीत सिंह इसकी देखभाल करते थे। चाचा ससुर चरणजीत सिंह लगभग 1968 से विदेश में रह रहे थे और परिवार लगातार इस जमीन की देखभाल करता रहा। 2006 में परिवार को इसी जमीन पर रहने के लिए घर मिला था। परमजीत सिंह की मृत्यु के बाद जमीन का हिस्सा जसविंदर कौर के पति रणजोध सिंह और उनके दो भाइयों अवतार सिंह व बादल सिंह को मिला। जसविंदर कौर ने बताया कि सब कुछ ठीक चल रहा था, लेकिन पिछले लगभग एक साल से चाचा ससुर चरणजीत सिंह उन्हें परेशान कर रहे हैं। बंटवारे का कोर्ट में है केस, देते हैं धमकी उन्होंने आरोप लगाया कि चरणजीत सिंह ने उनके साले बादल सिंह के नाम की जमीन अपने दोस्त कुलदीप सिंह (पुत्र अजीत सिंह, निवासी बाठ, चूहेकी) को पावर ऑफ अटॉर्नी देकर खेती के लिए दी हुई है। चरणजीत सिंह और एक अन्य चाचा के बीच जमीन के बंटवारे का मामला कोर्ट में है। उस पर स्थगन आदेश (स्टे) भी है। जसविंदर कौर नेआरोप लगाया कि चरणजीत सिंह उन्हें धमकाते हैं कि उनकी पहुंच मंत्रियों और बड़े पुलिस अधिकारियों तक है। वे उनका कुछ नहीं बिगाड़ सकते। 3 जून 2025 को जबरन सफेदी करने का प्रयास किया गया। इसके बाद 5 जून 2025 और 10 जुलाई 2025 को उन पर हमले हुए, लेकिन पुलिस ने उनकी शिकायत पर कोई कार्रवाई नहीं की। एससी/ एसटी का केस कराया उन्होंने आगे आरोप लगाया कि चरणजीत सिंह ने पहले जंडियाला के एक व्यक्ति को दो साल के लिए जमीन पट्टे पर दी थी, लेकिन नवंबर में अचानक इसे धर्मेंद्र नामक व्यक्ति के नाम कर दिया। इसके अतिरिक्त, उनके खिलाफ झूठा SC/ST एक्ट का मामला भी दर्ज कराया गया है।
योगी सरकार प्रदेश के खिलाड़ियों को बड़ा मंच देने की तैयारी में है। सरकार जल्द ही 5 नए स्पोर्ट्स स्टेडियम का तोहफा देने जा रही है। इन स्टेडियमों के बनने से गाजीपुर, चंदौली, हापुड़, संभल और शामली के खिलाड़ियों को प्रैक्टिस के लिए दूसरे शहरों का रुख नहीं करना पड़ेगा। खेल विभाग इन जिलों में स्टेडियम के साथ-साथ मॉडर्न सुविधाएं भी विकसित कर रहा है। किस जिले में कितना हुआ काम? प्रदेश के 71 जिलों में अभी 84 स्टेडियम चल रहे हैं, जबकि 5 नए स्टेडियमों पर तेजी से काम हो रहा है। निर्माण कार्य की स्थिति इस प्रकार है: गाजीपुर: नया स्टेडियम 99.9% बनकर तैयार है। कुछ छोटी कमियों को दूर कर जल्द ही इसे हैंडओवर किया जाएगा। हापुड़: स्टेडियम का निर्माण लगभग 70% पूरा हो चुका है। संभल: करीब 26% काम हो गया है। शामली और चंदौली: शामली में काम शुरू हो चुका है, जबकि चंदौली में निर्माण के लिए टेंडर की प्रक्रिया चल रही है। सिर्फ मैदान नहीं, मिलेंगी विश्वस्तरीय सुविधाएं योगी सरकार का लक्ष्य सिर्फ बिल्डिंग खड़ा करना नहीं, बल्कि खिलाड़ियों को वर्ल्ड क्लास सुविधाएं देना है। इन स्टेडियमों में खिलाड़ियों को मल्टीपर्पज हॉल, जिम, स्विमिंग पूल, एथलेटिक्स ट्रैक, बैडमिंटन, टेनिस, वॉलीबॉल कोर्ट, हॉकी, फुटबॉल के शानदार मैदान मिलेंगे। घर के पास मिलेगा बेहतर प्रशिक्षण यूपी के खेल निदेशक डॉ. आरपी सिंह ने बताया कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के मार्गदर्शन में खेल के बुनियादी ढांचे को मजबूत किया जा रहा है। इन स्टेडियमों के तैयार होने से ग्रामीण और कस्बाई इलाकों की प्रतिभाओं को निखरने का मौका मिलेगा। जब खिलाड़ियों को अपने ही जिले में आधुनिक सुविधाएं और अच्छी ट्रेनिंग मिलेगी, तो वे राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्रदेश का नाम रोशन कर सकेंगे।
बालाघाट जिले के लांजी थाना क्षेत्र के कंसुली गांव में असामाजिक तत्वों ने महापुरुषों की प्रतिमाओं को तोड़ दिया। इस घटना के बाद अनुयायियों में आक्रोश है। पुलिस ने शिकायत दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है। यह घटना बुधवार और गुरुवार की रात की बताई जा रही है। गांव के एक बालक ने सफेद गमछा लपेटे, सफेद शर्ट और हाफ लोअर पहने एक अज्ञात शख्स को प्रतिमाएं तोड़ते हुए देखा। बालक ने तुरंत ग्रामीणों को इसकी सूचना दी। इन प्रतिमाओं को किया क्षतिग्रस्त अज्ञात शख्स ने चबूतरे में स्थापित डॉ. बाबासाहेब आंबेडकर, महात्मा ज्योतिबा फुले और सावित्री बाई फुले की प्रतिमाओं को क्षतिग्रस्त किया। डॉ. आंबेडकर की प्रतिमा चबूतरे में ही गिरी मिली, जबकि महात्मा ज्योतिबा फुले और सावित्री बाई फुले की प्रतिमाओं को चबूतरे से दूर फेंक दिया गया था। हालांकि, इसी स्थान पर लगी गौतम बुद्ध की प्रतिमा यथावत है। कुछ लोगों से विवाद हुआ था प्रतिमा नागदेवे ने इस संबंध में लांजी पुलिस में शिकायत दर्ज कराई है। उन्होंने अपनी लिखित शिकायत में प्रतिमा स्थल पर कुछ लोगों के साथ विवाद होने का भी जिक्र किया है और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण किया है और जांच जारी है, हालांकि अधिकारी अभी इस मामले पर कुछ भी कहने से बच रहे हैं। इस घटना से महापुरुषों के अनुयायियों में गहरा आक्रोश है। जिले में धार्मिक उन्माद पैदा करने वाली इस हरकत के पीछे कौन है और उसकी मंशा क्या है, यह पुलिस जांच और आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद ही स्पष्ट हो पाएगा। अनुयायियों का कहना है कि यदि मामले में देरी हुई तो वे आंदोलन का रुख भी अख्तियार कर सकते हैं।
उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षा परिषद (UP Board) ने हाई स्कूल परीक्षा के परिणाम घोषित कर दिए हैं। सुल्तानपुर के छात्रों ने इसमें उत्कृष्ट प्रदर्शन किया है। सरस्वती इंटरमीडिएट कॉलेज, झारखंड कादीपुर के आदित्य भूषण पांडेय ने जिले में पहला और प्रदेश में छठा स्थान प्राप्त किया है। इसी विद्यालय की प्रत्युषा मिश्रा ने जिले में तीसरा और प्रदेश में नौवां स्थान हासिल किया है। राम दुलारी शारदा प्रसाद बालिका इंटर कॉलेज, मझवारा की छात्रा दीपांशी ने जिले में दूसरा और प्रदेश में आठवां स्थान प्राप्त किया है। दीपांशी के पिता सब्जी विक्रेता हैं। उन्होंने बताया कि परिवार की आर्थिक स्थिति सामान्य न होने के बावजूद उन्होंने कड़ी मेहनत से यह मुकाम हासिल किया है। दीपांशी ने अपनी सफलता का श्रेय 3D कोचिंग करियर क्लासेस और अपने प्राचार्य को दिया है। वह भविष्य में सिविल सेवा की तैयारी करना चाहती हैं। दैनिक भास्कर से बात करते हुए आदित्य भूषण पांडेय ने अपनी सफलता का श्रेय प्रधानाचार्य, शिक्षकों, भगवान और माता-पिता के मार्गदर्शन को दिया। उन्होंने बताया कि उन्होंने सेल्फ-स्टडी और स्कूल में पढ़ाए गए विषयों को नियमित रूप से दोहराकर यह मुकाम हासिल किया है। आदित्य का लक्ष्य संघ लोक सेवा आयोग (UPSC) में शामिल होकर देश की सेवा करना है। आदित्य के पिता शांति भूषण पांडेय इसी विद्यालय में आचार्य हैं, जबकि उनकी माता शिवानी पांडेय एक निजी स्कूल में शिक्षिका हैं। आदित्य अपने दो भाइयों में सबसे छोटे हैं और कादीपुर के निवासी हैं। प्रत्युषा मिश्रा ने भी अपनी सफलता का श्रेय माता-पिता, प्रधानाचार्य, क्लास टीचर और विद्यालय के सभी शिक्षकों को दिया। उन्होंने सेल्फ-स्टडी पर विशेष ध्यान दिया और स्कूल में पढ़ाए गए पाठों को घर पर दोहराया। प्रत्युषा का लक्ष्य एक आईएएस अधिकारी बनना है। उन्होंने अन्य छात्रों को सलाह दी कि वे अपना दैनिक कार्य पूरा करें और संदेह होने पर शिक्षकों से मार्गदर्शन लें। प्रत्युषा के पिता पंकज मिश्रा बैंक ऑफ बड़ौदा में कार्यरत हैं, और उनकी माता जयश्री मिश्रा प्राथमिक सहायक अध्यापिका हैं। प्रत्युषा पड़ेला, कादीपुर की निवासी हैं।
कोटा शहर पुलिस ने चार साल से फरार 10 हजार रुपए के इनामी शातिर वाहन चोर संजय उर्फ उदय मीणा (35) को गिरफ्तार किया है। आरोपी लंबे समय से पुलिस की पकड़ से बाहर था और लग्जरी कार चोरी की वारदातों को अंजाम देता था। आरोपी जयपुर के सांगानेर में हुलिया बदलकर गैराज में काम कर रहा था। पुलिस ग्राहक बनकर गैराज में पहुंची। पुलिस एसपी तेजस्वनी गौतम ने बताया - जिले में वांछित अपराधियों की गिरफ्तारी के लिए विशेष टीम गठित की गई है। इसी अभियान के तहत कुन्हाड़ी थाना में दर्ज क्रेटा कार चोरी के मामले में फरार चल रहे आरोपी को ट्रैक कर गिरफ्तार किया गया। यह मामला 7 जुलाई 2022 का है, जब संगम विहार निवासी बाबूलाल की कार घर के बाहर से चोरी हो गई थी। पुलिस को देख भागने लगा आरोपी जांच के दौरान पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज और मुखबिरों की मदद से गिरोह का खुलासा किया। इस मामले में पहले ही दो आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका था, जबकि संजय मीणा फरार चल रहा था। उसकी गिरफ्तारी पर 10 हजार रुपए का इनाम घोषित था। पुलिस को सूचना मिली कि आरोपी जयपुर के सांगानेर इलाके में नाम और हुलिया बदलकर गैराज में काम कर रहा है। टीम ने ग्राहक बनकर गैराज में एंट्री की। आरोपी पुलिस को देखकर भागने लगा, लेकिन करीब 2 किलोमीटर पीछा करने के बाद उसे पकड़ लिया गया। लग्जरी कारों की चोरी करता था गिरोह पूछताछ में सामने आया कि आरोपी गिरोह बनाकर लग्जरी कारों की चोरी करता था। ये लोग OBD (ऑन बोर्ड डायग्नोस्टिक) पोर्ट हैकिंग सिस्टम का इस्तेमाल करते थे। कार के अंदर डिवाइस लगाकर सॉफ्टवेयर हैक करते और नकली चाबी प्रोग्राम कर कार स्टार्ट कर लेते थे। इसके बाद चोरी की कारों को सस्ते दामों में दूसरे जिलों में बेच देते थे। कार चोर को पकड़ने में विशेष भूमिका कांस्टेबल तवंर सिह की रही हैं। फिलहाल पुलिस आरोपी से पूछताछ कर रही है और गिरोह से जुड़े अन्य सदस्यों की तलाश जारी है।
दमोह के बिजोरी पाठक गांव में एक दिव्यांग दलित दूल्हे के साथ मारपीट के मामले में पुलिस ने चार मुख्य आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। एसपी श्रुतकीर्ति सोमवंशी ने गुरुवार शाम आरोपियों की गिरफ्तारी की पुष्टि करते हुए बताया कि आरोपियों पर राष्ट्रीय सुरक्षा कानून (NSA) के तहत कार्रवाई हेतु कलेक्टर को प्रतिवेदन भेजा जा रहा है। घोड़ी पर रछवाई निकालने को लेकर विवाद यह घटना मंगलवार शाम को हुई जब गोलू अहिरवार की रछवाई घोड़ी पर निकाली जा रही थी। लोधी मोहल्ले से गुजरते समय विश्वनाथ सिंह, बिच्छू, घुप्पु और चिन्नू नामक व्यक्तियों ने दूल्हे को घोड़ी से उतरने को कहा। मना करने पर आरोपियों ने गोलू और उसकी बहन मनीषा के साथ बेरहमी से मारपीट की। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ एससी-एसटी एक्ट सहित विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज किया था। जातिगत भेदभाव पर सख्त कार्रवाई की चेतावनी एसपी सोमवंशी ने कहा कि किसी भी व्यक्ति के साथ जातिगत आधार पर भेदभाव या अभद्रता बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने बताया कि घटना के समय वहां मौजूद अन्य लोगों के भी बयान दर्ज किए जा रहे हैं। एसपी ने बताया कि यदि सोशल मीडिया पर किसी ने इस घटना के संबंध में भड़काऊ या अनर्गल टिप्पणी की, तो उन पर भी सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। इसके लिए दो-तीन संदिग्धों के नाम कोतवाली पुलिस को सौंपे गए हैं। शांति व्यवस्था के लिए गांव में पुलिस बल तैनात पुलिस प्रशासन ने गांव में शांति बनाए रखने के लिए अतिरिक्त बल तैनात किया है। वहीं कांग्रेस के एक प्रतिनिधिमंडल ने बुधवार को पीड़ित परिवार से मुलाकात कर समर्थन दिया था। एसपी ने ग्रामीण क्षेत्र के नागरिकों से अपील की है कि यदि उन्हें किसी अप्रिय घटना का अंदेशा हो, तो वे तत्काल नजदीकी थाने में संपर्क कर सुरक्षा मांग सकते हैं।
तांत्रिक गैंग का भंडाफोड़, महिला समेत 3 गिरफ्तार:झाड़फूंक के नाम पर विजिटिंग कार्ड से बिछाते थे जाल
मुजफ्फरनगर के थाना खालापार क्षेत्र में पुलिस ने झाड़फूंक और तांत्रिक क्रियाओं के नाम पर ठगी करने वाले एक गिरोह का पर्दाफाश किया है। इस कार्रवाई में एक महिला सहित तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। ये आरोपी लोगों को अंधविश्वास के जाल में फंसाकर उनके कीमती आभूषणों की ठगी करते थे। गिरफ्तार किए गए आरोपियों की पहचान गाजियाबाद निवासी आबिद, बागपत निवासी असलम उर्फ युसुफ और लोनी (गाजियाबाद) निवासी नगीना के रूप में हुई है। पुलिस ने इनके कब्जे से एक पीली धातु का कंगन, तीन मोबाइल फोन, एक पिट्ठू बैग, 4750 विजिटिंग कार्ड और एक वैगनआर कार बरामद की है। दरअसल, 16 अप्रैल को एक पीड़ित ने शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत के अनुसार, एक महिला ने झाड़फूंक के बहाने उसके घर आकर आभूषणों को एक पोटली में रखवाया। इसके बाद महिला चालाकी से पोटली बदलकर जेवर लेकर फरार हो गई थी। शिकायत मिलते ही पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की और एक टीम गठित की। गुरुवार को मुखबिर की सूचना पर पुलिस ने तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में आरोपियों ने खुलासा किया कि वे पहले इलाके में विजिटिंग कार्ड बांटते थे। जब कोई व्यक्ति उनसे संपर्क करता, तो वे खुद को तांत्रिक बताकर उसके घर पहुंचते थे। झाड़फूंक के नाम पर वे आभूषणों को पोटली में रखवाते और फिर उसे बदल देते थे। फिलहाल पुलिस आरोपियों से गहन पूछताछ कर रही है। गिरोह से जुड़े अन्य मामलों की भी जांच की जा रही है। पुलिस का मानना है कि यह गिरोह कई और वारदातों में शामिल हो सकता है।
सपा नेता मोहम्मद आजम खान को शत्रु संपत्ति मामले में रामपुर की एमपी-एमएलए कोर्ट ने उनकी जमानत याचिका खारिज कर दी है। आजम खान फिलहाल रामपुर जिला कारागार में बंद हैं। यह मामला साल 2020 में दर्ज किया गया था। इसमें रिकॉर्ड रूम के दस्तावेजों से कथित तौर पर छेड़छाड़ और धोखाधड़ी के गंभीर आरोप लगे हैं। जांच आगे बढ़ने पर पुलिस ने मामले में कई गंभीर धाराएं जोड़ीं। इनमें 420 (धोखाधड़ी), 467 (मूल्यवान प्रतिभूति की जालसाजी), 471 (जाली दस्तावेज का उपयोग), 120बी (आपराधिक साजिश) और 201 (सबूत मिटाना) जैसी धाराएं शामिल हैं। इन धाराओं के जुड़ने से मामले की गंभीरता बढ़ गई। आजम खान के अधिवक्ता ने जमानत के लिए कोर्ट का दरवाजा खटखटाया था। एमपी-एमएलए मजिस्ट्रेट कोर्ट में सुनवाई के बाद जज शोभित बंसल ने उनकी याचिका खारिज कर दी। अभियोजन पक्ष के तर्कों को देखते हुए कोर्ट ने यह फैसला सुनाया। अभियोजन अधिकारी स्वदेश शर्मा ने बताया कि मामले की गंभीरता को ध्यान में रखते हुए जमानत अर्जी खारिज की गई है। आजम खान रामपुर जिला कारागार में ही रहेंगे। इस फैसले के बाद शत्रु संपत्ति मामले की कानूनी प्रक्रिया और लंबी खिंचने की संभावना है।
टोंक जिले के अलीगढ़ थाना क्षेत्र में गुरुवार दोपहर ट्रैक्टर-ट्रॉली अनियंत्रित होकर सड़क किनारे करीब 10 फीट नीचे तालाब में गिर गई। हादसे में ट्रैक्टर पर सवार 16 वर्षीय नाबालिग छात्र की मौके पर ही मौत हो गई। हादसा चौरू से मंडावरा जाने वाले कच्चे रास्ते पर हुआ। सिर फटने से मौके पर ही मौत मृतक की पहचान चोरू निवासी मगन सिंह सैनी पुत्र सोजी लाल सैनी के रूप में हुई है। हादसे में ट्रैक्टर के नीचे दबने से उसका सिर गंभीर रूप से फट गया, जिससे अत्यधिक खून बह गया और उसकी मौके पर ही मौत हो गई। हालांकि जिस स्थान पर ट्रैक्टर गिरा वहां तालाब में पानी नहीं था। ट्रैक्टर ड्राइवर की पहचान स्पष्ट नहीं अलीगढ़ थाना प्रभारी राजकुमार ने बताया - अभी यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि ट्रैक्टर कौन चला रहा था। परिजनों की ओर से भी इस संबंध में कोई स्पष्ट जानकारी पुलिस को नहीं दी गई है। पुलिस को केवल इतना बताया गया कि बालक ट्रैक्टर पर बैठा था और पलटने के बाद उसके नीचे दब गया, जिससे उसकी मौत हो गई। हादसे के बाद आसपास के लोग और राहगीर मौके पर पहुंचे और घायल छात्र को हॉस्पिटल लेकर गए, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। सूचना पर एएसआई हरिसिंह मौके पर पहुंचे और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम कराया। इसके बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया। गमगीन माहौल में अंतिम संस्कार गुरुवार शाम को परिजनों ने गमगीन माहौल में मृतक का अंतिम संस्कार कर दिया। पुलिस ने बताया कि रिपोर्ट मिलने के बाद मामले में आगे की कार्रवाई की जाएगी।
कानपुर में 30 करोड़ की चारागाह भूमि कब्जामुक्त:परसौली गांव में प्रशासन ने चलाया बुलडोजर अभियान
कानपुर नगर में प्रशासन ने अवैध कब्जों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की है। सदर तहसील के ग्राम परसौली में जिलाधिकारी के निर्देश पर एक बड़ा अभियान चलाया गया। इस दौरान तहसीलदार विनय द्विवेदी के नेतृत्व में राजस्व टीम ने लगभग 20 बीघा चारागाह भूमि को कब्जामुक्त कराया, जिसकी बाजार कीमत करीब 30 करोड़ रुपये आंकी गई है। यह कार्रवाई गाटा संख्या 95, 183, 385, 388 और 389 पर की गई, जहां लंबे समय से अवैध कब्जे और निर्माण की शिकायतें मिल रही थीं। टीम ने मौके पर पहुंचकर पहले भूमि का सीमांकन किया। कब्जे की पुष्टि होने के बाद अवैध निर्माणों पर बुलडोजर चलाया गया। दिनभर चली इस कार्रवाई में सभी अवैध निर्माणों को ध्वस्त कर जमीन ग्रामसभा को वापस दिला दी गई। अभियान के दौरान किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए भारी पुलिस बल तैनात किया गया था। प्रशासनिक अधिकारियों की कड़ी निगरानी में यह पूरी कार्रवाई शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुई। ज्वाइंट मजिस्ट्रेट/एसडीएम सदर अनुभव सिंह ने इस संबंध में स्पष्ट किया कि सरकारी और ग्रामसभा की जमीन पर किसी भी तरह का अतिक्रमण बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने बताया कि ऐसे मामलों में लगातार अभियान चलाकर सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।
प्रतापगढ़ जिले के सटोला गांव में गुरुवार को एक दर्दनाक हादसा सामने आया, जहां एक मकान में अचानक आग लगने से चार बकरियां जिंदा जल गईं। इस आगजनी में घर का लाखों रुपये का सामान भी जलकर पूरी तरह नष्ट हो गया। घटना के समय परिवार के सदस्य पास के खेत पर काम करने गए हुए थे। जानकारी के अनुसार, सटोला निवासी चंपालाल मीणा के मकान में अज्ञात कारणों से आग लग गई। आसपास मौजूद ग्रामीणों ने आग बुझाने का प्रयास किया, लेकिन लपटें इतनी तेज थीं कि आग पर काबू पाना मुश्किल हो गया। देखते ही देखते आग ने पूरे मकान को अपनी चपेट में ले लिया। दमकल और ग्रामीणों की मदद से पाया गया काबू घटना की सूचना मिलते ही बड़ी सादड़ी से दमकल टीम मौके पर पहुंची। फायरमैन दिलीप जणवा ने ग्रामीणों के साथ मिलकर कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। हालांकि, तब तक मकान में बंधी चार बकरियां जिंदा जल चुकी थीं। अनाज, राशन और कपड़े भी जले इस आगजनी में घर में रखा अनाज, राशन सामग्री और कपड़े भी पूरी तरह जलकर नष्ट हो गए। आग लगने के कारणों का अभी तक पता नहीं चल पाया है। प्रशासन मामले की जांच में जुटा है।
सान्वी गुप्ता ने इंटरमीडिएट में किया जिला टॉप:टॉप-10 में छात्राओं का दबदबा, 93.80% अंक प्राप्त किए
गाजीपुर में यूपी बोर्ड इंटरमीडिएट परीक्षा परिणाम घोषित हो गया है। लुर्दस कॉवेंट स्कूल की छात्रा सान्वी गुप्ता ने 93.80 प्रतिशत अंक प्राप्त कर जिले में पहला स्थान हासिल किया है। मेरिट सूची में दूसरे स्थान पर सुप्रिया यादव 93.20 प्रतिशत अंकों के साथ रहीं। तीसरे स्थान पर आयुष यादव ने 92.40 प्रतिशत अंक प्राप्त किए। चौथे स्थान पर उजाला यादव और अनुष्का भारती ने 91.80 प्रतिशत अंक हासिल किए, जबकि पांचवें स्थान पर आदित्य सिंह 91.40 प्रतिशत अंकों के साथ रहे। छठवें स्थान पर खुशी यादव ने 91.20 प्रतिशत अंक प्राप्त किए। सातवें स्थान पर समीक्षा यादव ने 90 प्रतिशत अंक प्राप्त किए। आठवें स्थान पर सलोनी यादव 89.80 प्रतिशत अंकों के साथ रहीं, और नौवें स्थान पर प्रियांशु यादव ने 89.60 प्रतिशत अंक हासिल किए। मेरिट सूची में दसवें स्थान पर आदित्य प्रजापति और तनु ने 89.20 प्रतिशत अंक प्राप्त किए। इस वर्ष इंटरमीडिएट के टॉप टेन में छात्राओं का दबदबा रहा। बेटियों ने अपनी प्रतिभा और कड़ी मेहनत से एक बार फिर मजबूत उपस्थिति दर्ज कराई है।
पुलिस ने परशुराम जयंती शोभायात्रा से फरसे छीने:अधिकारियों के हस्तक्षेप के बाद सम्मानपूर्वक लौटाए गए
भगवान परशुराम जयंती के अवसर पर ब्राह्मण समाज ने एक भव्य शोभायात्रा का आयोजन किया। इसमें हजारों लोगों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। प्रदेश सरकार के राज्य मंत्री सोमेन्द्र तोमर, पूर्व विधायक संगीत सोम सहित मेरठ के कई व्यापारी नेता और प्रबुद्धजन उपस्थित रहे। इस दौरान सभी अतिथियों को भगवान परशुराम का प्रतीकात्मक फरसा भेंट कर सम्मानित किया गया। शोभायात्रा में कुछ श्रद्धालु पारंपरिक रूप से फरसा और धार्मिक ध्वज लेकर चल रहे थे, जो आस्था एवं संस्कृति का प्रतीक था। इसी बीच, सीओ सिविल लाइन शुचिता सिंह ने माइक से घोषणा करते हुए वीडियो रिकॉर्डिंग करने और संबंधित व्यक्तियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज करने की चेतावनी दी। इसके बाद पुलिस ने श्रद्धालुओं से भगवान परशुराम के प्रतीक स्वरूप फरसे छीनकर अपने कब्जे में ले लिए और उपस्थित लोगों को शांत कराया। इस घटना से ब्राह्मण समाज की धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंची और समाज में व्यापक आक्रोश उत्पन्न हुआ। इस विषय को गंभीरता से लेते हुए अधिवक्ता राम कुमार शर्मा ने ब्राह्मण समाज और भगवान परशुराम के सम्मान में आवाज उठाई। उन्होंने अरविंद शर्मा के साथ मिलकर आंदोलन करने का निर्णय लिया। वहीं, सुनील भराला ने उच्च अधिकारियों से वार्ता कर प्रकरण को उनके संज्ञान में लाया। इस पर एसएसपी मेरठ ने त्वरित संज्ञान लेते हुए सीओ सिविल लाइन को निर्देशित किया कि पवित्र फरसों को सम्मानपूर्वक समाज को वापस सौंपा जाए। उक्त निर्देश के अनुपालन में, आज थाना मेडिकल कॉलेज, मेरठ में राम कुमार शर्मा (एडवोकेट), अजय भराला, अरविंद शर्मा, सच्चिदानंद और अन्य समाज के प्रतिनिधियों ने पहुंचकर पुलिस प्रशासन से फरसे ससम्मान प्राप्त किए। उन्होंने इस सकारात्मक पहल के लिए एसएसपी मेरठ और समस्त उच्च अधिकारियों का आभार व्यक्त किया। समाज के प्रतिनिधियों ने यह भी निर्णय लिया है कि प्राप्त पवित्र फरसों और तलवारों को जादूगर बाग स्थित भगवान परशुराम मंदिर में विधि-विधान के साथ भव्य आयोजन कर हवन-पूजन एवं वैदिक रीति-रिवाजों के अनुसार शुद्धिकरण उपरांत भगवान के चरणों में समर्पित किया जाएगा। यह आयोजन सनातन संस्कृति, परंपरा एवं धार्मिक आस्था के संरक्षण एवं संवर्धन का प्रतीक होगा।
मंदसौर जिले के करजू गांव से गुरुवार रात एक सड़क हादसे की खबर सामने आई है, जिसमें एक युवक गंभीर रूप से घायल हो गया। हादसा करजू गांव स्थित शासकीय स्कूल के पास हुआ, जहां बाइक और डंपर के बीच जोरदार टक्कर हो गई। घायल युवक की पहचान राहुल पिता रामदयाल पाटीदार (26), निवासी करजू थाना भावगढ़ के रूप में हुई। हादसे के बाद स्थानीय लोगों की मदद से राहुल को तत्काल जिला चिकित्सालय पहुंचाया गया, जहां उसका इलाज जारी है। चेहरे पर गंभीर चोट, हाथ-पैर भी जख्मीडॉक्टरों के अनुसार राहुल के चेहरे पर गंभीर चोटें आई हैं और उसका मुंह पूरी तरह से जख्मी हो चुका है। इसके अलावा उसके हाथ और पैरों में भी चोट के निशान पाए गए हैं, जिससे उसकी स्थिति चिंताजनक बनी हुई है। मंदिर से लौटते समय हुआ हादसाराहुल के पिता रामदयाल पाटीदार ने बताया कि राहुल खेती करता है और आकोदड़ा स्थित कालका माता मंदिर में दर्शन कर गांव लौट रहा था। इसी दौरान तेज रफ्तार अज्ञात डंपर ने उसे टक्कर मार दी। टक्कर के बाद डंपर चालक फरारप्राथमिक जानकारी के अनुसार हादसे के बाद डंपर चालक मौके से वाहन सहित फरार हो गया। पुलिस मामले की जांच में जुटी हुई है और अज्ञात वाहन की तलाश की जा रही है। डॉक्टरों के मुताबिक राहुल की हालत थोड़ी गंभीर बनी हुई है। ऐसे में प्राथमिक उपचार के बाद उसे बेहतर इलाज के लिए रतलाम मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया जाएगा।
रामपुर में इंटरमीडिएट में सेजल आर्या बनीं टॉपर:छात्राओं का टॉप-5 में दबदबा, दूसरे स्थान पर मंतशा रही
रामपुर में इंटरमीडिएट परीक्षा परिणाम घोषित होते ही खुशी की लहर दौड़ गई। इस बार भी छात्राओं ने शानदार प्रदर्शन करते हुए मेरिट सूची में स्थान बनाया। परिणाम आते ही छात्र-छात्राओं और अभिभावकों में उत्साह देखने को मिला। श्यामा देवी इंटर कॉलेज की छात्रा सेजल आर्या ने 451 अंक (90.20 प्रतिशत) प्राप्त कर जिले में पहला स्थान हासिल किया। उनकी इस उपलब्धि से विद्यालय और परिवार में खुशी का माहौल है। दूसरे स्थान पर कालावती कन्या इंटर कॉलेज मिलक की मंतशा रहीं, जिन्होंने 449 अंक (89.80 प्रतिशत) प्राप्त किए। के.के.एम.पी. इंटर कॉलेज, सरकथल टांडा की छात्रा शाहरीन ने 448 अंक (89.60 प्रतिशत) के साथ तीसरा स्थान हासिल किया। रीता पब्लिक इंटर कॉलेज, परम, मिलक की प्रियांशी ने 446 अंक (89.20 प्रतिशत) प्राप्त कर चौथा स्थान प्राप्त किया। वहीं एम.डी.वी.एम. इंटर कॉलेज, बिलासपुर के छात्र अंश कुमार ने 441 अंक (88.20 प्रतिशत) के साथ पांचवां स्थान हासिल किया। शिक्षा विभाग के अनुसार, इस वर्ष इंटरमीडिएट परीक्षा के लिए कुल 24,860 परीक्षार्थी पंजीकृत थे। इनमें से 23,210 छात्र परीक्षा में शामिल हुए, जबकि 1,650 अनुपस्थित रहे। अधिकारियों ने परिणामों पर संतोष व्यक्त करते हुए कहा कि यह सफलता छात्रों की मेहनत, शिक्षकों के मार्गदर्शन और अभिभावकों के सहयोग का नतीजा है। उन्होंने उम्मीद जताई कि आने वाले वर्षों में जिले का प्रदर्शन और बेहतर होगा।
मध्य प्रदेश में संदीपनी स्कूल, पीएम श्री स्कूल और उत्कृष्ट विद्यालय सहित सरकारी स्कूलों की मॉनिटरिंग और कार्य योजना में अब अशासकीय सदस्यों की भी भागीदारी होगी। शासन द्वारा गठित जिला स्तरीय मॉनिटरिंग समिति में इन सदस्यों को स्कूलों के कार्यों में अपनी बात रखने और सुझाव देने का अधिकार रहेगा। कलेक्टर की अध्यक्षता में बनेगी जिला समिति जिला स्तरीय मॉनिटरिंग समिति की अध्यक्षता कलेक्टर करेंगे। समिति में जिला पंचायत सीईओ, जिला शिक्षा अधिकारी और शासन द्वारा नियुक्त एक अशासकीय सदस्य शामिल होंगे। गुरुवार को प्रदेश के सभी जिलों के लिए ऐसे सदस्यों की सूची जारी की गई है। समिति में उन लोगों को शामिल किया गया है, जिन्हें शिक्षा के क्षेत्र में अनुभव या रुचि है। नर्मदापुरम संभाग में नर्मदापुरम से राहुल सिंह सोलंकी, बैतूल से ओमप्रकाश राठौर, हरदा से भगीरथ गौर, छिंदवाड़ा से सुधाकर घोघर और सीहोर से कैलाश सिंह पांचाल को सदस्य नामांकित किया गया है। राजनीतिक पृष्ठभूमि वाले सदस्य भी शामिल जिले से नामांकित सदस्य राहुल सिंह सोलंकी की राजनीतिक पृष्ठभूमि रही है और वे भाजपा से जुड़े रहे हैं। ऐसे में समिति में अशासकीय सदस्यों की भूमिका और उनके हस्तक्षेप को लेकर आगे निगाहें रहेंगी। देखें आदेश और सूची
महिला आरक्षण बिल पर केंद्रीय मंत्री गुर्जर का बयान:विपक्ष पर लगाया महिलाओं के अपमान का आरोप
मेरठ पहुंचे केंद्रीय मंत्री कृष्ण गोपाल गुर्जर ने महिला आरक्षण बिल को लेकर विपक्ष पर तीखा हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि विपक्ष ने महिलाओं का अपमान किया है और इस बिल को संसद में पारित नहीं होने दिया। गुर्जर ने कहा कि विपक्ष ने पंचायतों में आरक्षण का समर्थन किया था, लेकिन जब लोकसभा और विधानसभाओं में अपनी सीटें खतरे में दिखीं तो उन्होंने महिला आरक्षण का विरोध करना शुरू कर दिया। उन्होंने इसे विपक्ष की एक साजिश बताया, क्योंकि वे नहीं चाहते कि महिलाएं इन सदनों में आएं। केंद्रीय मंत्री ने विपक्ष के इस सवाल का भी जवाब दिया कि बिल को 2023 में लाकर 2024 में लागू क्यों नहीं किया गया। उन्होंने स्पष्ट किया कि बिल को तुरंत लागू करने में समय लगता है। इसके लिए पहले जनगणना (सेंसस) होगी, फिर केंद्र का परिसीमन आयोग बनेगा और उसके बाद राज्यों का परिसीमन आयोग गठित होगा। इस पूरी प्रक्रिया में दो साल से अधिक का समय लगता है। गुर्जर ने बताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा था कि यदि इस प्रक्रिया का पालन किया जाता है, तो बहनों को 2029 में भी आरक्षण नहीं मिल पाएगा। इसलिए मोदी सरकार चाहती है कि महिलाओं को 2029 के लोकसभा और उसके बाद होने वाले विधानसभा चुनावों में आरक्षण का लाभ मिले। उन्होंने आरोप लगाया कि विपक्ष का यह विरोध वास्तव में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के खिलाफ था, क्योंकि वे लगातार उनके सामने टिक नहीं पा रहे हैं। मंत्री ने कहा कि पिछले 11-12 सालों में मोदी जी के नेतृत्व में देश ने प्रगति की है और भारतीय जनता पार्टी (NDA) लगातार जीत रही है। केंद्रीय मंत्री ने कांग्रेस, समाजवादी पार्टी, टीएमसी और डीएमके जैसे दलों को 'सुधार विरोधी' करार दिया। उन्होंने कहा कि इन दलों ने महिला आरक्षण बिल की भ्रूण हत्या कर दी है। गुर्जर ने प्रधानमंत्री के राष्ट्र के नाम संदेश का भी जिक्र किया, जिसमें उन्होंने देश की बहनों से माफी मांगी थी। मंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री ने बिल को तुरंत लागू न कर पाने के कारण माफी मांगी थी, लेकिन यह प्रक्रियागत देरी के कारण था, न कि इच्छाशक्ति की कमी के कारण।
नंदनी गुप्ता रायबरेली में बनीं जिला टॉपर:12वीं यूपी बोर्ड परीक्षा में मिले 93.8 प्रतिशत अंक
रायबरेली जनपद के सराय मुगला, राही क्षेत्र की मेधावी छात्रा नंदनी गुप्ता ने यूपी बोर्ड की 12वीं (विज्ञान वर्ग) परीक्षा में उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए 469 अंक (93.8%) प्राप्त कर जिले में प्रथम स्थान हासिल किया है। उनकी इस बड़ी सफलता से पूरे क्षेत्र में खुशी और गर्व का माहौल है। नंदनी के पिता सुशील कुमार एक परिश्रमी किसान हैं, जबकि उनकी माता पूनम गृहिणी हैं। साधारण परिवार से आने के बावजूद नंदनी ने अपनी मेहनत और लगन से यह मुकाम हासिल किया है। परिवार में नंदनी के साथ एक छोटा भाई और एक बड़ी बहन भी हैं, जिन्होंने हर कदम पर उनका हौसला बढ़ाया। अन्य बच्चों को मिलेगी प्रेरणा नंदनी वीणा पाणी इंटर कॉलेज, मलिकमऊ, रायबरेली की छात्रा हैं। विद्यालय परिवार ने उनकी इस उपलब्धि पर हर्ष व्यक्त करते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की है। नंदनी की इस सफलता ने यह सिद्ध कर दिया है कि कड़ी मेहनत, लगन और आत्मविश्वास से किसी भी लक्ष्य को प्राप्त किया जा सकता है। उनकी सफलता से जिले के अन्य छात्र-छात्राओं को भी नई प्रेरणा मिलेगी।
राज्यपाल रमेन डेका ने रायपुर जिले में विकासखंड स्तरीय समीक्षा बैठक लेकर प्रशासनिक कार्यों की समीक्षा की और अधिकारियों को जनता के बीच जाकर संवाद बढ़ाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि योजनाओं की वास्तविक स्थिति जानने के लिए हितग्राहियों से सीधा संपर्क जरूरी है। बैठक में जिला प्रशासन द्वारा संचालित प्रोजेक्ट अजा, प्रोजेक्ट ग्रीन पालना और प्रोजेक्ट रचना जैसे नवाचारों की जानकारी दी गई, जिनकी राज्यपाल ने सराहना करते हुए समुदाय की भागीदारी बढ़ाने पर जोर दिया। बैठक में जल संरक्षण, कृषि और विकास कार्यों पर विशेष चर्चा हुई। राज्यपाल ने ग्राम पंचायत स्तर पर डबरी निर्माण को बढ़ावा देने और रेन वाटर हार्वेस्टिंग को प्रभावी रूप से लागू करने के निर्देश दिए। कलेक्टर डॉ. गौरव सिंह ने बताया कि जिले में मिशन मोड में कुओं का निर्माण किया जा रहा है और प्रधानमंत्री आवास योजना के घरों में भी रेन वाटर हार्वेस्टिंग को शामिल किया जा रहा है। साथ ही धान की अधिक जल खपत को देखते हुए किसानों को वैकल्पिक फसलों के लिए प्रोत्साहित करने की बात भी कही गई। जल संरक्षण पर जोर, डबरी निर्माण और संसाधनों का रिकॉर्ड तैयार करने के निर्देशराज्यपाल ने कहा कि तेजी से विकसित हो रहे रायपुर में आने वाले समय में जल संरक्षण सबसे बड़ी आवश्यकता होगी। उन्होंने प्रत्येक ब्लॉक स्तर पर जल स्रोतों का रिकॉर्ड तैयार करने, जनप्रतिनिधियों की भागीदारी सुनिश्चित करने और संसाधनों के बेहतर उपयोग पर जोर दिया। वृक्षारोपण, जैविक खेती और सामाजिक मुद्दों पर सख्त निर्देशराज्यपाल ने एक पेड़ माँ के नाम अभियान के तहत पौधरोपण कर अधिक से अधिक हरियाली बढ़ाने की अपील की। उन्होंने जैविक खेती, हाइड्रोपोनिक्स और पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा देने के साथ ही यातायात व्यवस्था सुधारने, भारी वाहनों के आवागमन को नियंत्रित करने और नशे पर सख्ती से रोक लगाने के निर्देश भी अधिकारियों को दिए।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ गुरुवार को हरदोई पहुंचे। यहां उन्होंने 29 अप्रैल को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के होने वाले कार्यक्रम की तैयारियों का जायजा लिया। प्रधानमंत्री 29 अप्रैल को बिलग्राम तहसील के मल्लावां कट पर गंगा एक्सप्रेस-वे का लोकार्पण करेंगे। मुख्यमंत्री ने मौके पर पहुंचकर सुरक्षा और व्यवस्थाओं का बारीकी से निरीक्षण किया और अधिकारियों को जरूरी दिशानिर्देश दिए। सुरक्षा और प्रोटोकॉल पर सख्त निर्देश मुख्यमंत्री ने कार्यक्रम स्थल का निरीक्षण करते हुए कहा कि सुरक्षा व्यवस्था में कोई भी चूक बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने पुलिस और प्रशासन को आपसी तालमेल बिठाकर 'मल्टी-लेयर' सुरक्षा चक्र तैयार करने के निर्देश दिए। योगी आदित्यनाथ ने कहा, प्रधानमंत्री का यह कार्यक्रम पूरी तरह सुव्यवस्थित और गरिमामय होना चाहिए। सुरक्षा हमारी सर्वोच्च प्राथमिकता है और किसी भी स्तर पर ढिलाई स्वीकार नहीं की जाएगी। आम जनता की सुविधाओं का रखा जाए ध्यान गर्मी और भीड़ को देखते हुए सीएम ने अधिकारियों को जनता की सुविधाओं के लिए खास निर्देश दिए। उन्होंने पंडाल की मजबूती, बैठने की व्यवस्था, पीने के पानी की उपलब्धता और मोबाइल शौचालयों के इंतजाम को जांचा। उन्होंने कहा कि बिजली की सप्लाई बिना किसी रुकावट के सुनिश्चित की जाए ताकि कार्यक्रम में आने वाले लोगों को असुविधा न हो। ट्रैफिक और पार्किंग की व्यवस्था ट्रैफिक मैनेजमेंट को लेकर मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि कार्यक्रम के दौरान आम नागरिकों को परेशानी न हो। इसके लिए वैकल्पिक रास्तों (डायवर्जन) का चयन करने और पर्याप्त साइन बोर्ड लगाने को कहा गया है। उन्होंने हेलीपैड, पार्किंग और वीआईपी रास्तों का भी मुआयना किया। पर्यावरण और हरियाली पर जोर मुख्यमंत्री ने एक खास पहल करते हुए कार्यक्रम स्थल के पास 'हरि शंकरी' प्रजाति के पौधे लगाने के निर्देश दिए ताकि आसपास का वातावरण हरा-भरा रहे। उन्होंने अंत में कहा कि यह आयोजन जिले के लिए बहुत महत्वपूर्ण है, इसलिए सभी विभाग पूरी जिम्मेदारी और समर्पण के साथ काम करें। अधिकारियों ने सीएम को मैप के जरिए पूरे कार्यक्रम की रूपरेखा समझाई और समय पर काम पूरा करने का भरोसा दिया।
गया में वीर कुंवर सिंह विजय उत्सव को लेकर तैयार तेज हैं। शहर के पुलिस लाइन स्थित सिंघरा स्थान में बने वीर कुंवर सिंह पार्क में आज लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) के नेताओं और कार्यकर्ताओं ने उनकी प्रतिमा पर पुष्पांजलि अर्पित कर श्रद्धांजलि दी। कार्यक्रम के दौरान माहौल पूरी तरह देशभक्ति से सराबोर नजर आया। इस मौके पर पार्टी के वरिष्ठ नेता अरविंद सिंह ने कहा कि 25 अप्रैल को विजय उत्सव इस बार और भी भव्य तरीके से मनाया जाएगा। उन्होंने सभी वर्गों के लोगों से कार्यक्रम में शामिल होने की अपील की। साफ कहा कि यह सिर्फ एक जयंती नहीं, बल्कि शौर्य व बलिदान को याद करने का दिन है। यही नहीं बाबू कुंवर सिंह के जीवन से देश हित में सबकुछ न्योछवर करने की प्रेरणा लेने का दिन है। इस मौके पर जिला अध्यक्ष दिलीप सिंह ने भी कार्यक्रम को लेकर अपनी बात रखी। उन्होंने कहा कि हर साल की तरह इस बार भी पूरे उत्साह और जोश के साथ आयोजन होगा। तैयारियां तेजी से चल रही हैं। कार्यकर्ताओं को अलग-अलग जिम्मेदारियां दी गई हैं ताकि कार्यक्रम सफल हो सके। इस बार विजय उत्सव में कई प्रमुख नेताओं के शामिल होने की संभावना है। इसे लेकर संगठन स्तर पर भी रणनीति बनाई जा रही है। कार्यक्रम को लेकर शहर में चर्चा शुरू हो गई है और राजनीतिक हलकों में भी हलचल तेज हो गई है। सभी समाज के लोग इसे सफल बनाने में अपने अपने स्तर से जुट गए है। उन्होंने कहा कि वीर पुरुष आजादी के नायक किसी विशेष समाज का नहीं बल्कि वह देश का महान योद्धा होता है। योगदान आज भी लोगों को प्रेरित करता स्थानीय कार्यकर्ताओं का कहना है कि वीर कुंवर सिंह का योगदान आज भी लोगों को प्रेरित करता है। ऐसे आयोजन युवाओं को इतिहास से जोड़ने का काम करते हैं। इसी को ध्यान में रखते हुए इस बार आयोजन को और व्यापक बनाने की तैयारी है। लोगों ने बताया कि गया में 25 अप्रैल को होने वाला विजय उत्सव इस बार खास होने वाला है।
जिलाधिकारी डॉ. वी.के. सिंह ने कलेक्ट्रेट सभागार में कर-करेत्तर, राजस्व संग्रह और राजस्व कार्यों की समीक्षा बैठक की अध्यक्षता की। उन्होंने अधिकारियों को राजस्व वसूली में अपेक्षित प्रगति सुनिश्चित करने और स्मार्ट मीटर से संबंधित शिकायतों के समाधान के लिए कैंप आयोजित करने के निर्देश दिए। बैठक में आबकारी, स्टांप ड्यूटी, वाणिज्य कर, प्रवर्तन, खनन, परिवहन, वानिकी, मंडी, नगर पालिका और नगर पंचायत के कर-करेत्तर तथा राजस्व संग्रह कार्यों की समीक्षा की गई। जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को वसूली में अपेक्षित प्रगति लाने के निर्देश दिए। उन्होंने अवैध खनन पर सख्त कार्रवाई करने को भी कहा। बाट माप विभाग द्वारा पिछली बैठक के निर्देशों का ठीक से पालन न करने पर असंतोष व्यक्त करते हुए संबंधित के खिलाफ कार्रवाई के आदेश दिए गए। उन्होंने नियमित रूप से सभी प्रतिष्ठानों पर बाट माप की जांच सुनिश्चित करने पर जोर दिया। विद्युत विभाग को निर्देश दिए गए कि शासन के निर्देशानुसार एक सप्ताह के भीतर सभी सब स्टेशनों पर स्मार्ट मीटर की शिकायतों के समाधान हेतु कैंप लगाए जाएं। इन कैंपों के माध्यम से भ्रांतियों को दूर किया जाए और अधिक से अधिक प्रचार-प्रसार सुनिश्चित किया जाए। जिलाधिकारी ने सुचारू विद्युत व्यवस्था बनाए रखने के लिए विद्युत पोल, ढीले तार और ट्रांसफार्मर आदि पर आवश्यक कार्रवाई करने के भी निर्देश दिए। एआईजी स्टांप को सभी कार्यालयों में स्टांप की जांच करने और स्टांप चोरी पर कार्रवाई सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया। परिवहन विभाग को वाहनों की फिटनेस जांचने और डग्गामार वाहनों के खिलाफ कार्रवाई करने के लिए कहा गया। सभी विभागों को लक्ष्य के अनुरूप कर और राजस्व प्राप्ति हेतु कार्यवाही सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। राजस्व न्यायालयों में लंबित राजस्व वादों की समीक्षा करते हुए उनके निस्तारण में प्रगति लाने के निर्देश दिए गए। इस अवसर पर अपर जिलाधिकारी प्रशासन सत्य प्रकाश सिंह, अपर जिलाधिकारी वित्त सूर्य कांत त्रिपाठी, नगर मजिस्ट्रेट नवीन कुमार श्रीवास्तव सहित अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।
देवास मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि देवास के खिवनी वन्य-प्राणी अभयारण्य में बाघों की बढ़ती संख्या इसे वन्यजीव संरक्षण का सफल उदाहरण बनाती है। उन्होंने बताया कि राज्य सरकार खिवनी को एक मजबूत बाघ आवास और प्रमुख इको-टूरिज्म स्थल के रूप में विकसित करना चाहती है। मुख्यमंत्री ने विश्वास जताया कि खिवनी भविष्य में वन्यजीव संरक्षण और इको-टूरिज्म का आदर्श केंद्र बनेगा। लगभग 134.7 वर्ग किलोमीटर में फैला खिवनी अभयारण्य पहले रातापानी जैसे बड़े वनों को जोड़ने वाला 'ट्रांजिट कॉरिडोर' माना जाता था। अब यह बाघों के लिए सुरक्षित प्रजनन स्थल बन गया है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने इस बदलाव को राज्य की सुनियोजित नीतियों और लगातार संरक्षण प्रयासों का परिणाम बताया। खिवनी में युवराज और मीरा का स्थायी ठिकानाबाघ 'युवराज' और 'मीरा' ने खिवनी को अपना स्थायी ठिकाना बनाकर इसे नई पहचान दी है। वन विभाग ने पहले मीरा के तीन शावकों के जन्म की पुष्टि की थी, जो अब अपनी मां के साथ जंगल में सक्रिय दिखाई दे रहे हैं। वर्तमान में खिवनी में लगभग एक दर्जन बाघों की मौजूदगी दर्ज की जा रही है, जो इस क्षेत्र के पारिस्थितिक पुनर्जीवन का स्पष्ट संकेत है। खिवनी वन्यजीव संरक्षण की नींव 1982 में रखी गई थी। बाद में इसका विस्तार कर इसमें सीहोर जिले के वन क्षेत्रों को भी शामिल किया गया। यह क्षेत्र अब वन्यजीवों के लिए जीवनरेखा साबित हो रहा है। राज्य सरकार अब ओंकारेश्वर वन्य-प्राणी अभयारण्य के विकास के माध्यम से इस ट्रांजिट कॉरिडोर नेटवर्क को और मजबूत करने की दिशा में काम कर रही है। खिवनी अभयारण्य केवल एक वन क्षेत्र नहीं, बल्कि पुनर्जीवन, संतुलन और नई उम्मीद की कहानी है। यह मध्यप्रदेश को वन्यजीव संरक्षण और इको-पर्यटन के क्षेत्र में एक नई पहचान दिला रहा है।
पेंटर पिता ने मजदूरी कर पढ़ाया,बेटी ने किया जिला टॉप:अब NDA से देश सेवा का इरादा, घर में खुशी की लहर
यूपी बोर्ड का रिजल्ट गुरुवार शाम 4 बजे जारी हो गया है। आगरा में 12वीं 83% प्रतिशत स्टूडेंट पास हुए है। इस बार भी जिले में बेटियों ने टॉप मारा है। टॉप-5 में चार लड़कियां है। इस बार राजपुर चुंगी निवासी काजल ने 94%80 प्रतिशत लाकर जिले में टॉप किया है। 10 क्लास में काजल 94%6 लाकर जिले में तीसरे स्थान पर रही थी। उन्होंने अपनी पढ़ाई बीडी जैन इंटर कॉलेज से की है। पिता का नाम प्रेमदत्त है, जो पेंटर का काम करते है। मां हाउस वाइफ है। काजल बेहद साधारण परिवार से है। घर में बधाई देने वालों का ताता लगा हुआ है। परिवार में खुशी की लहर है, रिश्तेदार फोन कर के बेटी को उज्वल भविष्य की शुभकामनाएं दे रहे है। पिता पेंटर-बेटी ने किया जिला टॉपपिता प्रेमदत्त ने बताया-महीने में 20 हजार की मजदूरी करता हूं। मेने लोगों के घरों में रंगाई-पुताई कर के बच्ची की पढ़ाई के लिए एक-एक पैसा जोड़ा है और उसे पढ़ाया है। घर में खाने के लिए कुछ नहीं होता था, लेकिन मेने ट्यूशन नहीं रुकने दिया। कहीं बच्ची की पढ़ाई न रूक जाए। उसने 2024 में भी 10वीं क्लास में जिले में तीसरे स्थान पर रही थी। जिस तरह मेने उसे पढ़ाया और उसने पूरे लगन से पढ़ाई की। मुझे उम्मीद थी कि बेटी स्कूल में टॉप मारेगी। लेकिन बेटी ने जिला टॉप कर के घर का नाम रोशन कर दिया। आगे उसका जो मन है उस वहां पढ़ाई कराएंगे। चाहे हमें अपना घर क्यों ही न बेचना पड़े। मां हुई भावुक मां कमलेश ने बताया- घर में एक ही कमरा है, इसी में 5 लोग सोते है। घर छोटा होने की वजह से काजल को पढ़ाई में काफी परेशानी होती है। जब वो पढ़ाई करती थी कोई भी कमरे में बोल भी नहीं सकता था। क्यों की इससे उसकी पढ़ाई पर असर पड़ता था। पेपर के टाइम मेने तीन महीने तक कोई काम नहीं कराती थी। और वो भी पढ़ती रहती थी। सुबह स्कूल जाना उसके बाद तीन-तीन ट्यृशन थे। इसके बाद रात भर पढ़ाई करना। बेटी ने जिला टॉप करने की लिए काफी मेहनत की है। जिसका आज उसे फल मिला है। काजल ने बताया- मेंने तमाम मुश्किलों को मात देकर जिले में टॉप किया है। छात्रा ने बताया कि एग्जाम टाइम में वह रात में 4 से 6 घंटे पढ़ाई करती थी। घर छोटा होने की वजह से दिन में पढ़ना मुश्किल था। सबके सो जाने के बाद ही शांति से पढ़ाई हो पाती थी। 10वीं में जिले में तीसरा स्थान आने के बाद उम्मीद थी कि 12वीं में 90% तक नंबर आएंगे, लेकिन जिला टॉप कर लिया। रिजल्ट के वक्त वह कोचिंग में थी। पिता ने फोन कर सिर्फ पास होने की खबर दी। टॉपर बनने की जानकारी बाद में मिली। छात्रा ने कहा कि माता-पिता ने हमेशा पढ़ाई का माहौल दिया। पेपर से 3 महीने पहले से मां ने घर का कोई काम नहीं करने दिया। दिन में तीन कोचिंग करती थी, फिर रात में 4 से 6 घंटे सेल्फ स्टडी। फोन भी सिर्फ पढ़ाई के लिए इस्तेमाल करती थी। अब वह डिफेंस में जाना चाहती है और एनडीए के जरिए बड़ी अफसर बनने का सपना देख रही है। इस सफलता में स्कूल के टीचर्स का सबसे बड़ा योगदान बताया। 10-12 घंटे पढ़ती थी अंजलिअंजलि ने बताया कि एग्जाम के समय वह रोज 10 से 12 घंटे पढ़ाई करती थी। घरवालों ने पेपर के दौरान घर का कोई काम नहीं करने दिया। सिर्फ मन लगाकर पढ़ने को कहा। अंजलि ने कहा कि टॉपर बनने के लिए बहुत मेहनत की। अब वह आगे डिफेंस में जाकर देश की सेवा करना चाहती है। डॉक्टर बनना चाहते हैं जतिनसैया के जतिन कुमार ने 12वीं में 92.4% अंक हासिल किए। जतिन ने बताया कि अब वह नीट की तैयारी कर डॉक्टर बनना चाहते हैं। जिले में तीसरा स्थान आने पर घर में खुशी की लहर है। रिश्तेदार फोन कर उज्जवल भविष्य की शुभकामनाएं दे रहे हैं। लोग घर पहुंचकर मिठाई खिलाकर जतिन को बधाई दे रहे हैं। दोनों टॉपर्स ने अपनी सफलता का श्रेय माता-पिता और टीचर्स को दिया है।
गाजीपुर में यूपी बोर्ड हाईस्कूल परीक्षा के परिणाम घोषित कर दिए गए हैं। आदर्श इंटर कॉलेज महुआबाग के छात्र राजवीर तिवारी ने 96.83 प्रतिशत अंक प्राप्त कर प्रदेश में छठवां स्थान हासिल किया है। उन्होंने जिले में प्रथम स्थान प्राप्त कर गाजीपुर का नाम रोशन किया। अपनी सफलता पर प्रतिक्रिया देते हुए राजवीर तिवारी ने कहा कि उन्हें विश्वास नहीं हो रहा कि उन्होंने टॉप किया है। उन्होंने बताया कि उन्होंने कड़ी मेहनत की थी, लेकिन इतने बेहतर परिणाम की उम्मीद नहीं थी। राजवीर ने अपनी सफलता का श्रेय नियमित तैयारी और परिवार के सहयोग को दिया। उन्होंने कक्षा 9 से ही बोर्ड परीक्षा की तैयारी शुरू कर दी थी और अक्टूबर तक अपना पाठ्यक्रम पूरा कर लिया था। इसके बाद उन्होंने ज्ञानोदय कोचिंग के बैच में पढ़ाई की और प्रतिदिन 4 से 5 घंटे अध्ययन किया। परिणाम घोषित होने के दिन राजवीर सामान्य रूप से कोचिंग पहुंचे थे। वहां शिक्षकों ने उनका परिणाम देखा और उन्हें इसकी जानकारी दी। इसके बाद उनके पिता अभय नारायण तिवारी के मोबाइल पर बधाई संदेश आने शुरू हो गए। सूचना मिलते ही उनके पिता कोचिंग पहुंचे और बेटे को लेकर घर आए, जहां लोगों ने मिठाई खिलाकर उन्हें शुभकामनाएं दीं। जिले की मेरिट सूची में दूसरे स्थान पर ओम हाई स्कूल सदर की अनामिका गुप्ता 96.17 प्रतिशत अंकों के साथ रहीं। तीसरे स्थान पर प्रिंस चौहान ने 96 प्रतिशत अंक प्राप्त किए, जबकि चौथे स्थान पर अंशिका मिश्रा और अंशिका कुशवाहा 95.83 प्रतिशत अंकों के साथ रहीं। पांचवें स्थान पर शिवांशी (95.83 प्रतिशत), छठवें स्थान पर ओमकार (95.50 प्रतिशत) और सातवें स्थान पर नेहा चौहान (95.50 प्रतिशत) रहीं। आठवें स्थान पर ज्योति शर्मा, रूपा यादव, विपुल यादव, अन्नु यादव और पूजा मौर्या (सभी 95.33 प्रतिशत) ने जगह बनाई। नौवें स्थान पर अनिष्का यादव, अंचल और अविनाश यादव (सभी 95.17 प्रतिशत) रहे, तथा दसवें स्थान पर निधि यादव और स्नेहा सिंह (दोनों 94.83 प्रतिशत) रहीं। राजवीर तिवारी के पिता अभय नारायण तिवारी किसान हैं और उनकी माता इंदु तिवारी गृहिणी हैं। राजवीर ने बताया कि पढ़ाई के दौरान जो भी जरूरत पड़ी, पिता ने उसे पूरा किया और परिवार का पूरा सहयोग मिला। पिता ने कहा कि उन्होंने बेटे की पढ़ाई पर विशेष ध्यान दिया और अनावश्यक बाहर जाने से रोका, साथ ही सीमित संसाधनों के बावजूद शिक्षा के लिए आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराईं। वहीं मां इंदु तिवारी ने बेटे की सफलता पर खुशी जताते हुए कहा कि परिवार के लिए यह गर्व का क्षण है और घर में लगातार बधाई देने वालों का आना-जाना लगा हुआ है।
मुज़फ़्फ़रनगर के नई मंडी स्थित भागवंती सरस्वती विद्या मंदिर इंटर कॉलेज ने एक बार फिर शानदार प्रदर्शन करते हुए शिक्षा के क्षेत्र में अपनी मजबूत पहचान कायम की है। उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षा परिषद के हाईस्कूल और इंटरमीडिएट परीक्षा परिणाम में विद्यालय ने शत-प्रतिशत रिजल्ट देकर नया रिकॉर्ड कायम किया है। हाईस्कूल परीक्षा में विद्यालय की मेधावी छात्रा आकांक्षा ने 93.33% अंक हासिल कर न सिर्फ स्कूल में टॉप किया, बल्कि पूरे जनपद में चौथा स्थान प्राप्त कर स्कूल का नाम रोशन किया। वहीं भव्या ने 90.16% के साथ दूसरा और प्रियांशी यादव ने 90% अंक लेकर तीसरा स्थान हासिल किया। खास बात यह रही कि हाईस्कूल की सभी छात्राओं ने प्रथम श्रेणी में सफलता प्राप्त की। इंटरमीडिएट में भी छात्राओं ने शानदार प्रदर्शन करते हुए अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाया। नियति पालिवाल ने 87.2% अंक के साथ टॉप किया, जबकि राशि (86.6%) दूसरे और राधिका गर्ग (84.2%) तीसरे स्थान पर रहीं। विज्ञान वर्ग में राशि पहले, शिवांगी शर्मा दूसरे और अनुराधा तीसरे स्थान पर रहीं। मानविकी वर्ग में नियति पालिवाल ने बाज़ी मारी, जबकि राधिका गर्ग और अविष्का वर्मा क्रमशः दूसरे और तीसरे स्थान पर रहीं। वाणिज्य वर्ग में परी बंसल पहले, कनिष्क दूसरे और आस्था तीसरे स्थान पर रहीं। विद्यालय की उप-प्रधानाचार्या रितु गोयल ने इस उपलब्धि को छात्राओं की मेहनत और शिक्षकों के समर्पण का परिणाम बताया। उन्होंने कहा कि यह सफलता अनुशासन और निरंतर प्रयास का प्रतिफल है। विद्यालय प्रबंधन समिति के पदाधिकारियोंअमिता चौधरी, ममता वर्मा, शोभित सिंह और प्रीति जी समेत पूरे स्टाफ ने इस उपलब्धि पर खुशी जाहिर की। परीक्षा विभाग की सपना मित्तल और मीडिया विभाग की अर्चना शर्मा के योगदान की भी सराहना की गई। परिणाम घोषित होते ही विद्यालय परिसर में जश्न का माहौल बन गया। छात्राओं, अभिभावकों और शिक्षकों ने एक-दूसरे को मिठाई खिलाकर इस ऐतिहासिक सफलता का उत्सव मनाया।
हरदोई जनपद के छात्रों ने इस वर्ष इंटरमीडिएट परीक्षा में उत्कृष्ट प्रदर्शन किया है। बिलग्राम क्षेत्र स्थित श्री रामलाल पब्लिक स्कूल के चार छात्रों ने प्रदेश की मेरिट सूची में स्थान प्राप्त कर जिले का नाम रोशन किया है। छात्रा आयूषी वर्मा ने 478 अंक (95.6 प्रतिशत) प्राप्त कर प्रदेश में नौवां स्थान हासिल किया। वहीं वर्चस्व दुबे ने 477 अंक (95.4 प्रतिशत) के साथ प्रदेश में दसवां स्थान प्राप्त किया। इसके साथ ही यशश्वी ने 474 अंक (94.8 प्रतिशत) हासिल कर प्रदेश में तीसरा स्थान प्राप्त किया। आकांक्षा विश्वकर्मा ने 472 अंक (94.4 प्रतिशत) प्राप्त कर चौथा स्थान हासिल किया। आकांक्षा विश्वकर्मा सलापुर निवासी हैं। उनके पिता राममनोहर ठेकेदार हैं और माता मंजू देवी गृहिणी हैं। सभी सफल छात्रों ने अपनी उपलब्धि का श्रेय अपने गुरुजनों, माता-पिता और नियमित अध्ययन को दिया है। उन्होंने बताया कि उन्होंने समय का सदुपयोग करते हुए निरंतर पढ़ाई पर ध्यान केंद्रित रखा, जिसका परिणाम आज सबके सामने है। विद्यालय प्रबंधन एवं शिक्षकों ने छात्रों की इस सफलता पर प्रसन्नता व्यक्त की। उन्होंने कहा कि इन उपलब्धियों से अन्य छात्र भी प्रेरित होंगे और भविष्य में बेहतर प्रदर्शन करने का प्रयास करेंगे। जनपद प्रशासन और शिक्षा विभाग ने भी सभी छात्रों को बधाई दी है और उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की है।
मैनपुरी में इंटरमीडिएट का रिजल्ट आते ही गोशलपुर गांव में जश्न का माहौल है। किसान परिवार की बेटी मानसी गंगा ने 91.60 प्रतिशत अंक हासिल कर जिले में पहला स्थान प्राप्त किया। किसान परिवार से ताल्लुक रखने वाली मानसी गंगा ने 91.60 प्रतिशत अंक प्राप्त कर जिले में टॉप किया है। मानसी की सफलता की खबर मिलते ही गांव और आसपास के लोग उनके घर पहुंचने लगे। बधाई देने वालों का तांता लग गया। मानसी ने अपनी उपलब्धि का श्रेय कड़ी मेहनत, अनुशासन और परिवार के सहयोग को दिया। उन्होंने बताया कि वह घर से करीब 7 किलोमीटर दूर साइकिल से कोचिंग जाती थीं। सर्दियों के घने कोहरे में भी उन्होंने पढ़ाई जारी रखी। शुरुआत में वह 8 से 10 घंटे पढ़ाई करती थीं, लेकिन परीक्षा नजदीक आने पर यह समय बढ़ाकर 16 घंटे तक कर दिया। कई बार वह देर रात 2 से 3 बजे तक पढ़ाई करती थीं। मानसी का लक्ष्य सिर्फ पढ़ाई तक सीमित नहीं है। वह आगे NDA परीक्षा पास कर देश सेवा करना चाहती हैं। उन्होंने अन्य छात्रों को संदेश दिया कि कठिन परिस्थितियों से घबराए बिना लगातार मेहनत करते रहना चाहिए। मानसी की सफलता के पीछे परिवार का संघर्ष भी प्रेरणादायक है। उनकी मां पूजा मिश्रा, जो एक पैर से दिव्यांग हैं, ने बताया कि उन्होंने बेटी की पढ़ाई में कभी बाधा नहीं आने दी और घर की जिम्मेदारियां खुद संभालीं। पिता मुनीश मिश्रा धार्मिक कार्य और खेती से परिवार का भरण-पोषण करते हैं। उन्होंने बताया कि सीमित संसाधनों के बावजूद उन्होंने बेटी की पढ़ाई में कोई कमी नहीं आने दी। मानसी ने अपनी सफलता का श्रेय माता-पिता और शिक्षकों को देते हुए कहा कि परिवार और गुरुजनों का सहयोग ही उनकी सबसे बड़ी ताकत रहा। उनकी यह सफलता अब जिले की बेटियों के लिए प्रेरणा बन गई है।
संभल पुलिस ने बीजेपी पश्चिम के क्षेत्रीय उपाध्यक्ष राजेश सिंघल के खिलाफ एक वर्ष पुराने मामले में कार्रवाई तेज कर दी है। पुलिस ने उनके आवास पर नोटिस चस्पा कर शस्त्र लाइसेंस सहित लाइसेंसी रिवॉल्वर जमा करने के निर्देश दिए हैं। इस कार्रवाई के बाद क्षेत्र में राजनीतिक चर्चाएं तेज हो गई हैं। गुरुवार को थाना असमोली पुलिस जनपद संभल के संभल कोतवाली कस्बा क्षेत्र स्थित मोहल्ला कोट पूर्वी में राजेश सिंघल के आवास पर पहुंची। थाना प्रभारी मोहित चौधरी ने पुलिस बल के साथ यह नोटिस चस्पा किया।पुलिस के अनुसार, यह मामला पिछले वर्ष का है। तब सोशल मीडिया पर एक फोटो-वीडियो वायरल हुई थी, जिसमें एक व्यक्ति (कथित बाउंसर) हाथ में रिवॉल्वर लहराते हुए दिखाई दे रहा था। जांच में सामने आया था कि यह रिवॉल्वर भाजपा नेता राजेश सिंघल का लाइसेंसी हथियार था। इस घटना के बाद थाना असमोली में संबंधित धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज किया गया था। लंबे समय तक इस मामले में कोई विशेष कार्रवाई नहीं हुई थी, जिससे यह माना जा रहा था कि मामला ठंडे बस्ते में चला गया है। हालांकि, अब पुलिस ने सक्रियता दिखाते हुए कार्रवाई को आगे बढ़ाया है। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि इससे पहले भी सिंघल को कई बार मौखिक और लिखित रूप से सूचित किया जा चुका था, लेकिन उनकी ओर से कोई संतोषजनक अनुपालन नहीं किया गया। चस्पा किए गए नोटिस में स्पष्ट रूप से कहा गया है कि राजेश सिंघल को अपना लाइसेंसी रिवॉल्वर निर्धारित समय दो दिन के भीतर थाना असमोली में जमा करना होगा। पुलिस ने चेतावनी दी है कि यदि निर्धारित समय सीमा के भीतर रिवॉल्वर जमा नहीं किया गया तो उनके खिलाफ वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। यह भी उल्लेखनीय है कि एक सप्ताह पहले थाना कैलादेवी पुलिस ने राजेश सिंघल के बेटे जयेश सिंघल, भाई मुकेश सिंघल, भतीजे लक्षित सिंघल, चचेरे भाई सुभाष सिंघल और गुल्ला सहित सात लोगों के खिलाफ एक रिपोर्ट दर्ज की थी। आपको बता दें कि राजेश सिंघल भारतीय जनता पार्टी एवं युवा मोर्चा के जिलाध्यक्ष रह चुके है। उन्होंने पार्टी के टिकट पर सबसे पहला चुनाव वर्ष 2007 में संभल विधानसभा से लड़ा था, उसके बाद वर्ष 2012 एवं 2022 में पार्टी के टिकट पर संभल विधानसभा चुनाव लड़ा था, तीनों ही चुनावों में उन्हें सपा विधायक इक़बाल महमूद से हार का सामना करना पड़ा था।
राजगढ़ जिले में बढ़ती गर्मी के कारण स्कूलों के समय में बदलाव किया गया है। कलेक्टर डॉ. गिरीश कुमार मिश्रा ने इस संबंध में संशोधित आदेश जारी किया है। नए आदेश के अनुसार, जिले के सभी शासकीय, अशासकीय, सीबीएसई, आईसीएसई और एमपी बोर्ड के विद्यालय अब सुबह 7:30 बजे से दोपहर 12:00 बजे तक संचालित होंगे। इससे पहले स्कूलों का समय दोपहर 1:00 बजे तक निर्धारित था। लगातार बढ़ते तापमान और छात्रों के स्वास्थ्य संबंधी चिंताओं को देखते हुए यह निर्णय लिया गया है। प्रशासन का मानना है कि दोपहर की तेज गर्मी में छात्रों को परेशानी हो रही थी। जिला प्रशासन ने सभी स्कूल प्रबंधन को इस आदेश का कड़ाई से पालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। यह संशोधित समय तत्काल प्रभाव से लागू कर दिया गया है।
फतेहपुर में आर्य ने किया इंटर में जिला टॉप:16 छात्रों ने बनाई जगह, 87.09% रहा कुल पास प्रतिशत
उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षा परिषद ने यूपी बोर्ड इंटरमीडिएट परीक्षा 2026 के परिणाम घोषित कर दिए हैं। 22 मार्च को संपन्न हुई परीक्षा के 22 दिन बाद ये नतीजे जारी किए गए। फतेहपुर जिले का कुल उत्तीर्ण प्रतिशत 87.009 रहा। इस बार इंटरमीडिएट परीक्षा में जिले से किसी भी छात्र ने प्रदेश टॉप नहीं किया है, लेकिन 16 छात्रों ने जिले में शीर्ष स्थान हासिल किया है। परीक्षा के लिए 31,171 परीक्षार्थियों ने पंजीकरण कराया था, जिनमें से 29,814 परीक्षार्थी शामिल हुए और 26,173 परीक्षार्थी उत्तीर्ण हुए। फतेहपुर जिले में भानुमति इंटर कॉलेज थरियांव के छात्र आर्य ने 464 अंक (92.80 प्रतिशत) प्राप्त कर प्रथम स्थान हासिल किया। दूसरे स्थान पर सरस्वती विद्या मंदिर इंटर कॉलेज के सचिन सिंह रहे, जिन्होंने 462 अंक (92.40 प्रतिशत) प्राप्त किए। सरस्वती विद्या मंदिर इंटर कॉलेज, देहाती रोड के तन्मय पटेल 464 अंक (92.20 प्रतिशत) के साथ तीसरे स्थान पर रहे। चौथे स्थान पर गर्ल्स इंटर कॉलेज शहर की शालिनी देवी (464 अंक, 92 प्रतिशत), अनन्या यादव (460 अंक, 92 प्रतिशत) और आयुष सिंह (460 अंक, 92 प्रतिशत) रहे। पांचवें स्थान पर निशा गुप्ता (498 अंक, 91.60 प्रतिशत), अभय कुमार (558 अंक, 91.60 प्रतिशत) और माही (458 अंक, 91.60 प्रतिशत) ने जगह बनाई। छठवें स्थान पर अंशु पाल (457 अंक, 91.40 प्रतिशत) और प्रशांत सिंह (91.40 प्रतिशत) रहे। प्रियांशी ने 456 अंक (91.20 प्रतिशत) के साथ सातवां स्थान प्राप्त किया, जबकि सारंग सिंह 455 अंक (91 प्रतिशत) के साथ आठवें स्थान पर रहे। नौवें स्थान पर आकाश अग्निहोत्री (454 अंक, 90.80 प्रतिशत) और दसवें स्थान पर अमोघ त्रिपाठी (453 अंक, 90.7 प्रतिशत) तथा सुमित कुमार (453 अंक, 90.7 प्रतिशत) रहे।
रायपुर पुलिस कमिश्नरेट ने अपराध नियंत्रण और असामाजिक तत्वों पर शिकंजा कसने के लिए बुधवार-गुरुवार की दरम्यानी रात बड़ा मिडनाइट ऑपरेशन चलाया। मध्य जोन में हुई इस सघन कॉम्बिंग गश्त से अपराधियों में हड़कंप मच गया। अभियान के दौरान पुलिस ने 20 वारंटियों को दबोचा, जबकि 32 संदिग्धों पर प्रतिबंधात्मक कार्रवाई की गई। इसके अलावा एक बदमाश पर आर्म्स एक्ट और दो आरोपियों पर NDPS एक्ट के तहत केस दर्ज किया गया। यह अभियान IPS उमेश प्रसाद गुप्ता (DCP सेंट्रल जोन) के नेतृत्व में चलाया गया। इसमें एडिशनल DCP तारकेश्वर पटेल, ACP दीपक मिश्रा, ACP रमाकांत और मध्य जोन के थाना प्रभारियों की अहम भूमिका रही। ऑपरेशन से पहले पुलिस लाइन में करीब 150 पुलिस जवानों की ब्रीफिंग की गई और 10 टीमों का गठन किया गया। ड्रोन कैमरों से मॉनीटरिंग अभियान के दौरान संवेदनशील इलाकों को चिन्हित कर सील किया गया। पुलिस ने ड्रोन कैमरों की मदद से निगरानी रखी और कॉर्डन एंड सर्च ऑपरेशन चलाया। फरार आरोपियों और वारंटियों के घरों में डोर-टू-डोर हाउस सर्च किया गया। वहीं संदिग्ध ठिकानों पर दबिश देकर तलाशी ली गई। संभावित भागने के रास्तों पर नाकेबंदी कर वाहनों की सघन जांच की गई। कॉम्बिंग गश्त के दौरान पुलिस ने 11 स्थायी वारंट और 9 गिरफ्तारी वारंट तामील किए। मादक पदार्थों के खिलाफ कार्रवाई में NDPS एक्ट के तहत 2 केस दर्ज हुए। इनमें एक कार्रवाई देवार डेरा क्षेत्र में और दूसरी गोलबाजार थाना क्षेत्र के बंजारी बाबा मस्जिद के पास की गई। इसके अलावा आर्म्स एक्ट के तहत भी एक मामला दर्ज किया गया। 155 लोगों के घर में सरप्राइज चेकिंग रातभर चले अभियान में पुलिस ने करीब 70 हिस्ट्रीशीटर बदमाशों और 85 पुराने चोरों व चाकूबाजों यानी कुल 155 लोगों के घरों में दबिश देकर सरप्राइज चेकिंग की। इस समन्वित कार्रवाई में 55 से ज्यादा अपराधियों के खिलाफ गिरफ्तारी या कानूनी कार्रवाई की गई। पुलिस का कहना है कि ऐसे अभियान आगे भी जारी रहेंगे।
गोरखपुर में बेलघाट के रहने वाले प्रथम् चौधरी ने यूपी बोर्ड कक्षा 10वीं की परीक्षा में 600 में से 569 अंक हासिल कर 94.83 प्रतिशत के साथ जिले में तीसरा स्थान प्राप्त किया है। प्रथम् बेलघाट स्थित तीर्थराज चंद इंटर कॉलेज के छात्र हैं। जैसे ही रिजल्ट घोषित हुआ, परिवार, स्कूल और गांव में खुशी की लहर दौड़ गई। हर कोई प्रथम् की इस सफलता पर उन्हें बधाई दे रहा है। दैनिक भास्कर से बातचीत में प्रथम् ने बताया कि उन्होंने कभी नहीं सोचा था कि वह जिले में तीसरा स्थान हासिल करेंगे। उन्होंने कहा कि यह सब उनकी लगातार मेहनत का परिणाम है। प्रथम् ने बताया कि उन्होंने कभी कोचिंग नहीं की और पूरी तैयारी खुद से की। वह रोजाना 8 से 9 घंटे पढ़ाई करते थे। पढ़ाई के दौरान जो भी विषय समझ में नहीं आता था, उसे वह यूट्यूब की मदद से सीखते थे। उन्होंने कहा कि कई बार मुश्किलें आईं, लेकिन उन्होंने हार नहीं मानी और लगातार पढ़ाई जारी रखी। घर में मिला पढ़ाई का माहौल और मार्गदर्शन प्रथम् के पिता कौशलेंद्र कुमार उसी स्कूल में अंग्रेजी के शिक्षक हैं, जहां प्रथम् पढ़ते हैं। मां कमलेश कुमार गृहिणी हैं, जिन्होंने घर का माहौल पढ़ाई के अनुकूल बनाए रखा। प्रथम् ने बताया कि उनके पिता ने हर समय उनका मार्गदर्शन किया। उन्हें मेहनत करने के लिए प्रेरित किया। उनका छोटा भाई आरूप चौधरी कक्षा 7 में पढ़ता है और वह भी बड़े भाई की सफलता से प्रेरित है। पिता बोले- बेटे की मेहनत पर था भरोसा प्रथम् के पिता कौशलेंद्र कुमार ने कहा कि उन्होंने बेटे को रोज मेहनत करते देखा है, इसलिए उन्हें अच्छे अंकों की उम्मीद थी। लेकिन जिले में तीसरा स्थान मिलेगा, यह उन्होंने नहीं सोचा था। उन्होंने कहा कि आज बेटे की सफलता से उन्हें बहुत गर्व महसूस हो रहा है। उन्होंने यह भी कहा कि वह अपने दोनों बच्चों को पढ़ाई के लिए हमेशा पूरा सहयोग देते रहेंगे। इंजीनियर बनने का है सपनाप्रथम् ने बताया कि वह आगे मैथ्स स्ट्रीम से पढ़ाई करेंगे और भविष्य में एक अच्छा इंजीनियर बनना चाहते हैं। उन्होंने अन्य छात्रों को सलाह दी कि अगर मन लगाकर और नियमित तरीके से पढ़ाई की जाए, तो सफलता जरूर मिलती है। उन्होंने कहा कि मेहनत का कोई विकल्प नहीं होता और वही आपको आपके लक्ष्य तक पहुंचाती है।
लखनऊ में शिक्षा के क्षेत्र से जुड़ी एक बड़ी उपलब्धि सामने आई है। एसआर ग्रुप ऑफ इंस्टीट्यूशंस को इंडिया टॉप स्कूल अवार्ड्स 2026 में सम्मान मिला है। यह सम्मान संस्थान के शिक्षा क्षेत्र में लगातार किए जा रहे नवाचार और योगदान का परिणाम माना जा रहा है। यह सम्मान लखनऊ के हॉलिडे इन में आयोजित 49वें एल्ड्रोक इंडिया के-12 समिट और इंडो टॉप स्कूल अवॉर्ड 2026 के मंच पर दिया गया। कार्यक्रम में देशभर के शिक्षाविद, स्कूल डायरेक्टर और प्रिंसिपल शामिल हुए। इस दौरान शिक्षा में बदलाव, डिजिटल ट्रांसफॉर्मेशन और छात्रों के समग्र विकास जैसे मुद्दों पर चर्चा हुई। शिक्षा के क्षेत्र में योगदान के लिए सम्मानित किया समारोह में एसआर ग्रुप ऑफ इंस्टीट्यूशंस के वाइस चेयरमैन पियूष सिंह चौहान को संस्थान को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाने और शिक्षा के क्षेत्र में अहम योगदान के लिए सम्मानित किया गया। मंच पर सम्मान मिलने के बाद उन्होंने शिक्षा के बदलते स्वरूप और भविष्य की जरूरतों पर अपने विचार रखे। अपने संबोधन में उन्होंने कहा कि आज शिक्षा का उद्देश्य सिर्फ अंक हासिल करना नहीं होना चाहिए, बल्कि छात्रों को जीवन के लिए तैयार करना ज्यादा जरूरी है। अगर शिक्षा प्रणाली पुरानी पद्धतियों में ही अटकी रही, तो भविष्य की चुनौतियों का सामना करना मुश्किल होगा। जहां ज्ञान होता है, वहां समृद्धि अपने आप आती है उन्होंने आगे कहा कि शिक्षा में केवल ज्ञान ही नहीं, बल्कि मूल्यों, कौशल और स्पष्ट सोच का भी उतना ही महत्व है। भारतीय परंपरा का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि जहां ज्ञान होता है, वहां समृद्धि अपने आप आती है, इसलिए छात्रों को सही दिशा देना बेहद जरूरी है।एसआर ग्रुप ऑफ इंस्टीट्यूशंस लगातार नवाचार, कौशल विकास और चरित्र निर्माण के जरिए छात्रों को वैश्विक स्तर पर सक्षम बनाने की दिशा में काम कर रहा है। यही प्रयास संस्थान को नई पहचान दिला रहे हैं।
रेखा यादव राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष नियुक्त:पूर्व विधायक को राज्य सरकार ने दिया जिम्मा
छतरपुर जिले की बड़ामलहरा विधानसभा क्षेत्र से पूर्व विधायक रेखा यादव को राज्य महिला आयोग का अध्यक्ष नियुक्त किया गया है। यह नियुक्ति राज्य सरकार द्वारा की गई है। रेखा यादव लंबे समय से सक्रिय राजनीति में रही हैं और महिलाओं से जुड़े सामाजिक मुद्दों पर काम करती रही हैं। उनके अनुभव को देखते हुए उन्हें यह जिम्मेदारी सौंपी गई है। महिला सशक्तिकरण से जुड़े मुद्दों पर करती आ रहीं काम स्थानीय स्तर पर माना जा रहा है कि विधायक रहते हुए उन्होंने महिला सशक्तिकरण, शिक्षा और स्वास्थ्य से जुड़े विषयों पर काम किया था। अब आयोग की अध्यक्ष के रूप में उनसे प्रदेश स्तर पर महिलाओं से जुड़े मामलों में सक्रिय भूमिका की अपेक्षा की जा रही है। नियुक्ति के बाद रेखा यादव ने कहा कि वह अपनी जिम्मेदारी को गंभीरता से निभाएंगी। उन्होंने महिलाओं की सुरक्षा, सम्मान और अधिकारों की रक्षा को प्राथमिकता बताया है। नियुक्ति के बाद छतरपुर और बुंदेलखंड क्षेत्र में इस फैसले को लेकर अलग-अलग प्रतिक्रियाएं सामने आई हैं। कुछ लोगों ने स्वागत किया है, वहीं अब नजर इस बात पर रहेगी कि आयोग के स्तर पर जमीनी काम कितना प्रभावी होता है।
फाजिल्का में कल ब्लैकआउट होने जा रहा है । कल 24 अप्रैल देर शाम आठ बजे एक विशेष मौक ड्रिल होगी। ये जानकारी प्रशासन ने जारी की हैं। बताया जा रहा है कि ये एक रूटीन अभ्यास का हिस्सा है। इसलिए इससे लोगों की घबराने की जरूरत नहीं है। यानी देर शाम 8 बजे सायरन बजेगा और ब्लैकआउट होगा। अभ्यास मुक्कमल होने के बाद फिर सब पहले की तरह सेवाएं बहाल कर दी जाएंगी। दरअसल भारतीय गृह मंत्रालय के दिशा निर्देशों के अनुसार सिविल डिफेंस की तैयारी के लिए फाजिल्का शहर में कल 24 अप्रैल को देर शाम 8 बजे मौक ड्रिल करवाई जा रही है । यह मॉक ड्रिल सिर्फ सिविल डिफेंस की तैयारी के लिए रूटिंग ड्रिल है। लोगों को किसी तरह की कोई घबराने की जरूरत नहीं है। प्रशासन द्वारा दी गई जानकारी के मुताबिक मौक ड्रिल की शुरुआत एयर रेड चेतावनी सिग्नल के साथ होगी। इसके लिए करीब 2 मिनट के लिए सायरन बजेगा। इस दौरान मॉक एक्सरसाइज के लिए निर्धारित इलाकों में नकली ब्लैकआउट किया जाएगा। टप्रशासन द्वारा दी गई जानकारी के मुताबिक इस समय के दौरान जरूरी सेवाएं जैसे कि अस्पताल सेवा ब्लैकआउट के दौरान भी जारी रहेंगी। प्रशासन का कहना है कि लोग उनका सहयोग करें । क्योंकि ये एक अभ्यास है। और अभ्यास के बाद फिर पहले की तरह सेवाएं लागू कर दी जाएंगी ।
फाजिल्का जिले के जलालाबाद में एक अनोखा मामला सामने आया है। जहां पर ट्रैफिक पुलिस ने पुरानी सब्जी मंडी में खड़ी एक बाइक को बरामद किया है। जिस पर लगी नंबर प्लेट पर ट्रैक्टर का नंबर निकला। पुलिस के मुताबिक उन्होंने आसपास के लोगों से काफी पूछताछ की। लेकिन बाइक के मालिक का पता नहीं चला। फिलहाल पुलिस टीम ने बाइक को अपने कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी गई है। पुलिस के मुताबिक प्राथमिक जांच में सामने आया है कि बाइक का नंबर कोई और है, जबकि इस पर ट्रैक्टर का नंबर लगाया गया है। मौके पर नहीं मिला बाइक मालिक ट्रैफिक पुलिस इंचार्ज ट्रैफिक इंचार्ज सूरज भान ने बताया कि पुरानी सब्जी मंडी के नजदीक बाइक खड़ी थी। उक्त बाइक के पीछे कोई नंबर प्लेट नहीं थी। मौके पर लोगों से पूछने के बावजूद कोई भी बाइक मालिक हाजिर नहीं हुआ। लेकिन जब उन्होंने आगे लगी नंबर प्लेट को मशीन पर सर्च किया गया तो पता चला कि बाइक पर लगाया गया नंबर PB 05 AQ 7616 ट्रैक्टर का है। जो गांव लामोचड़ कलां के एक शख्स आकाशदीप के नाम बता रहा है। PB 61E 3048 है बाइक का असली नंबर मौके पर बाइक का कोई भी मालिक नहीं आया तो पुलिस ने इसे अपने कब्जे में ले लिया है। जिसके बाद उन्हें जांच की गई तो पता चला कि पुलिस द्वारा पकड़ी गई बाइक का मालिक जगदीश सिंह पुत्र झुग्गे ज्वार सिंह है। जिसका असली नंबर PB 61E 3048 है। फिलहाल मामले की जांच की जा रही है, कि आखिरकार नंबर प्लेट को बाइक पर किस लिए लगाया गया है। जांच के बाद होगी कार्रवाई आशंका जाहिर की जा रही है कि गलत नंबर लगाकर इसका गलत इस्तेमाल भी किया जा सकता है। फिलहाल बाइक मालिक तक पुलिस पहुंच कर रही है, और जांच के बाद जो भी तथ्य सामने आएंगे उसी के आधार पर कार्रवाई की जाएगी। हालांकि उन्होंने कहा कि जांच में कोताही सामने आने पर पर्चा भी दर्ज किया जाएगा।
शादी से 3 दिन पहले युवक का किडनैप:खरीदारी करने बाजार गया था; बंदूक दिखाकर गाड़ी में डाल ले गए बदमाश
अलवर में बदमाशों ने शादी से 3 दिन पहले युवक का किडनैप कर लिया। युवक खरीदारी के लिए बाजार गया था। इस दौरान उत्तर प्रदेश नंबर की 2 गाड़ियों में आए बदमाशों ने बंदूक दिखाकर युवक को गाड़ी में डाला और फरार हो गए। युवक की किडनैपिंग की जानकारी मिलते ही गुस्साए ग्रामीणों ने स्टेट हाईवे पर जाम लगा दिया। वहीं, पुलिस ने शहर के चारों तरफ नाकाबंदी कर दी। नाकाबंदी को देख बदमाशों ने शहर से करीब 22KM दूर युवक को छोड़ दिया और फरार हो गए। घटना गोविंदगढ़ में शाम करीब 7 बजे रेलवे फाटक के पास हुई। 2 गाड़ियों में आए बदमाशों ने किया किडनैपथानाधिकारी धर्म सिंह ने बताया- शाम करीब 7.30 बजे सूचना मिली थी कि रेलवे फाटक के पास से महेश (21) पुत्र गोरधन यादव का कुछ बदमाशों ने किडनैप कर लिया। युवक की किडनैपिंग से गुस्साए परिजनों और ग्रामीणों ने गोविंदगढ़-जालूकी हाईवे पर जाम लगा दिया। इससे ट्रैफिक पूरी तरह से ठप हो गया और सड़क पर गाड़ियों की लंबी कतारें लग गई। थानाधिकारी ने बताया- किडनैपिगं की सूचना मिलते ही मैं टीम के साथ मौके पर पहुंचा और लोगों से घटना की जानकारी ली। लोगों से बात करने पर पता चला कि यूपी नंब की 2 गाड़ियों में 6-7 बदमाश आए। बदमाशों ने महेश की कनपटी पर रिवॉल्वर रखा और उसे जबरन गाड़ी में डालकर ले गए। नाकाबंदी के बाद युवक को छोड़कर भागे बदमाशधर्म सिंह ने बताया- बदमाशों को पकड़ने के लिए शहर के चारों तरफ नाकाबंदी की गई। बदमाश रात करीब 8 बजे महेश को गोविंदगढ़ से 22KM दूर धोलागढ़ के पास छोड़कर फरार हो गए। धोलागढ़ पुलिस ने महेश के मिलने की सूचना दी, जिसके बाद जाम खुल सका। फिलहाल पुलिस मामले की जांच में जुटी है। महेश के पिता गोरधन ने बताया- 24 अप्रैल को मेरे बेटे का लगन आना था। 26 अप्रैल को उसकी बारात आगरा स्थित ककरेटा कॉलोनी जानी थी। शादी से 3 दिन पहले बेटे की किडनैपिंग की खबर पता चलते ही उसकी मां की हालत खराब हो गई। ---- ये खबर भी पढ़ें- जयपुर में गर्भवती से छेड़छाड़ करने वाला निकला हथियार तस्कर:पाकिस्तान की वेबसाइट से AK-47 मंगवाने की थी तैयारी; स्पा सेंटर की आड़ में बदमाशों को देता पिस्टल जयपुर में गर्भवती महिला से छेड़छाड़ करने वाला अपराधी यहां फरारी काट रहा था। मध्यप्रदेश का आदतन अपराधी राहुल घुरैया उर्फ राज जयपुर में छिपकर रह रहा था। (पूरी खबर पढे़ं)
जोधपुर में साइबर ठगी के बढ़ते मामलों के बीच पुलिस ने एक बड़े फ्रॉड का खुलासा करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों ने महज 12 हजार रुपए के लालच में अपना बैंक खाता किराए पर साइबर ठगों को दे दिया, जिसका इस्तेमाल साइबर ठगों ने चार राज्यों में 30 लाख रुपए की ठगी में किया। जांच में सामने आया कि इस खाते के जरिए करीब 11.42 लाख रुपए की राशि ट्रांजिट कराई गई। पुलिस अब पूरे नेटवर्क की कड़ियां जोड़ने में जुटी है। बासनी थाना पुलिस ने साइबर ठगी के खिलाफ चलाए जा रहे विशेष अभियान 'ऑपरेशन म्यूल हंटर' के तहत कार्रवाई करते हुए एक 'म्यूल अकाउंट' (किराए का खाता) गिरोह का खुलासा किया है। बासनी थाना पुलिस के अनुसार, साइबर अपराध समन्वय पोर्टल (I4C) से प्राप्त संदिग्ध बैंक खातों की सूची के आधार पर यह कार्रवाई की गई है। इसके तहत पुलिस ने बासनी स्थित आईडीबीआई बैंक की मरुधरा इंडस्ट्रीज एसोसिएशन शाखा के एक संदिग्ध खाते का विश्लेषण किया। इसमें देश के विभिन्न राज्यों से साइबर फ्रॉड के जरिए लाखों रुपए की राशि ट्रांसफर की गई थी। ठग इस खाते में पैसा आते ही उसे तुरंत एटीएम से निकाल लेते थे। झारखंड से तेलंगाना तक ठगी नेटवर्क, कुल 30 लाख का फ्रॉड पुलिस की टेक्निकल जांच में सामने आया कि झारखंड के जमशेदपुर, केरल, कर्नाटक के मैसूर और तेलंगाना के हैदराबाद निवासी पीड़ितों से कुल 29.91 लाख रुपए की ठगी की गई थी। इन सभी पीड़ितों को टेलिग्राम और व्हाट्सएप के जरिए निवेश पर भारी मुनाफे का झांसा देकर फंसाया गया था। इस कुल ठगी में से 11.42 लाख रुपए की राशि सीधे इसी संदिग्ध बैंक खाते में ट्रांसफर करवाई गई थी। 12 हजार के कमीशन के लालच में दिया अकाउंट पुलिस ने खाते के आधार पर बासनी फर्स्ट फेज, रामेश्वर नगर निवासी सत्यम श्रीवास्तव (20) पुत्र चुन्नूलाल श्रीवास्तव को पकड़ कर पूछताछ की। इसमें सत्यम ने बताया कि उसने अपने दोस्त शक्ति सिंह के कहने पर यह खाता खुलवाया था। जोधपुर के गंगा विहार, कुड़ी भगतासनी निवासी शक्ति सिंह (20) पुत्र प्रेम सिंह ने सत्यम को 12 हजार रुपए नकद दिए और बदले में उसकी बैंक डायरी, एटीएम और सिम कार्ड लेकर साइबर ठगों के गिरोह को सौंप दिए थे। शक्ति सिंह पुलिस रिमांड पर, मुख्य ठगों की तलाश जारी बासनी थाने में एएसआई भूपेंद्र सिंह की रिपोर्ट पर आरोपियों के खिलाफ आपराधिक विश्वासघात, छल, आपराधिक षड्यंत्र सहित अन्य धाराओं में एफआईआर दर्ज करने के बाद पुलिस ने सत्यम और शक्ति सिंह को गिरफ्तार कर लिया है। गुरुवार को दोनों को अदालत में पेश किया गया, जहां से पुलिस ने साइबर गिरोह के मुख्य सरगनाओं और अन्य फरार सदस्यों के बारे में पता लगाने के लिए आरोपी शक्ति सिंह को रिमांड पर लिया है। अब इस पूरे मामले की अग्रिम जांच बासनी थाने के एसआई श्रवण कुमार कर रहे हैं। कार्रवाई करने वाली टीम में ये रहे शामिल बासनी थानाधिकारी नितिन दवे के नेतृत्व में गठित इस विशेष टीम में एसआई श्रवण कुमार, एएसआई भूपेंद्रसिंह, साइबर सेल प्रभारी हेड कांस्टेबल प्रेम चौधरी, कांस्टेबल डूंगरराम, शंकरलाल, रामदीन, दिनेश नायल और पुनाराम शामिल थे। इस टीम ने 'ऑपरेशन म्यूल हंटर' के तहत तकनीकी साक्ष्यों का विश्लेषण कर दोनों आरोपियों को गिरफ्तार करने में सफलता प्राप्त की।
संतकबीरनगर में यूपी बोर्ड हाईस्कूल परीक्षा परिणाम घोषित होते ही मेधावियों ने शानदार प्रदर्शन कर जिले का मान बढ़ाया। खलीलाबाद इंटर कॉलेज के छात्र मोहम्मद कलीम शाह ने टॉप कर सभी को प्रेरित किया।यूपी बोर्ड हाईस्कूल परीक्षा के परिणाम आते ही संतकबीरनगर में खुशी का माहौल छा गया। खलीलाबाद इंटर कॉलेज, खलीलाबाद के छात्र मोहम्मद कलीम शाह ने 95.67 प्रतिशत अंक प्राप्त कर जिले में प्रथम स्थान हासिल किया। दूसरे स्थान पर शाहजहां गर्ल्स इंटर कॉलेज, उड़सरा की छात्रा फातमा खातून रहीं, जिन्होंने 95.33 प्रतिशत अंक प्राप्त किए। वहीं, स्वामी विवेकानन्द इंटर कॉलेज, गागरगाड़ धनघटा के छात्र आलोक यादव ने 95.17 प्रतिशत अंक हासिल कर तीसरा स्थान प्राप्त किया। खलीलाबाद क्षेत्र के सहसराव माफी गांव निवासी मोहम्मद कलीम शाह साधारण किसान परिवार से ताल्लुक रखते हैं। उनके पिता आलम शाह खेती करते हैं, जबकि माता गृहिणी हैं। सीमित संसाधनों के बावजूद कलीम ने बिना कोचिंग के घर पर ही नियमित अध्ययन कर यह सफलता हासिल की। उन्होंने बताया कि वे रोजाना सुबह-शाम 3 से 4 घंटे पढ़ाई करते थे। कलीम अपनी सफलता का श्रेय माता-पिता के सहयोग और आत्मविश्वास को देते हैं। उनका सपना यूपीएससी की तैयारी कर आईएएस अधिकारी बनना है। उनकी इस उपलब्धि से गांव और क्षेत्र में खुशी का माहौल है। दूसरे स्थान पर रहीं फातमा खातून छपिया की निवासी हैं। उनके पिता मोहम्मद अकरम हैं। परिणाम घोषित होने के बाद कॉलेज परिसर में खुशी का माहौल रहा। कॉलेज प्रबंधन और प्रधानाचार्य ने छात्रा को सम्मानित कर उज्ज्वल भविष्य की कामना की। तीसरे स्थान पर रहे आलोक यादव धनघटा क्षेत्र के बारहकोनी गांव के निवासी हैं। उनके पिता ध्यानचंद किसान हैं। आलोक ने अपनी सफलता का श्रेय शिक्षकों के मार्गदर्शन और नियमित अध्ययन को दिया। उनका लक्ष्य इंजीनियर बनना है। हाईस्कूल टॉप-10 सूची… परिणाम घोषित होने के बाद जिलेभर में मेधावी छात्रों को बधाई देने का सिलसिला जारी है। शिक्षकों ने इस सफलता को विद्यार्थियों की मेहनत, अनुशासन और सही मार्गदर्शन का परिणाम बताया है।
लोकसभा में नारी शक्ति संशोधन विधेयक का विरोध करने के मामले में आज शहर बीजेपी युवा मोर्चा ने कांग्रेस के खिलाफ प्रदर्शन करके राहुल गांधी का पुतला फूंका। दुर्गापुरा बस स्टैंड पर हुए इस प्रदर्शन में शहर बीजेपी युवा मोर्चा के कार्यकर्ता और महिला कार्यकर्ता शामिल हुए। उन्होने कांग्रेस के खिलाफ नारेबाजी करते हुए प्रदर्शन किया। इस मौके पर शहर बीजेपी जिलाध्यक्ष अमित गोयल ने कहा कि यह प्रदर्शन महिलाओं की आवाज है, महिला अधिकारों की लड़ाई है, जिसे भारतीय जनता पार्टी का प्रत्येक कार्यकर्ता प्रधानमंत्री रेंद्र मोदी के नेतृत्व में सफलता मिलने तक लड़ेगा। वहीं जयपुर जिला उपाध्यक्ष और युवा मोर्चा अध्यक्ष सुरेंद्र पुरूवंशी ने कहा कि कांग्रेस के इस कदम से महिलाओं के साथ-साथ भारत के युवाओं में भी रोष व्याप्त है। हमारी बहनों को आरक्षण मिलना चाहिए। इसे किसी भी सूरत में छीना नहीं जा सकता। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस एवं विपक्षी दलों ने षड्यंत्रकारी तरीके से इस महत्वपूर्ण अधिनियम को रोककर देश की करोड़ों महिलाओं के साथ विश्वासघात किया है। जिला महामंत्री रेखा राठौड़ ने चेतावनी देते हुए कहा कि यह केवल विरोध प्रदर्शन नहीं, बल्कि उनके हक और सम्मान की निर्णायक लड़ाई की शुरुआत है, जो तब तक जारी रहेगी जब तक उन्हें उनका अधिकार नहीं मिल जाता। इस अवसर पर जयपुर जिले के समस्त पदाधिकारी, बड़ी संख्या में महिलाओं एवं युवाओं की उपस्थिति रही।
अवैध बालू खनन, परिवहन और भंडारण के खिलाफ दाउदनगर पुलिस ने आज कार्रवाई की है। दाउदनगर थाना पुलिस ने कालीघाट स्थित सोन नदी में छापेमारी कर बालू लदे एक ट्रैक्टर को जब्त किया, हालांकि इस दौरान पुलिस को हमलावर युवकों के विरोध का भी सामना करना पड़ा। एसआई अभिषेक कुमार के नेतृत्व में पुलिस टीम गुरुवार को क्षेत्र में अवैध खनन के खिलाफ अभियान चला रही थी। इसी दौरान कालीघाट के पास सोन नदी में एक सोनालिका ट्रैक्टर पर अवैध बालू लदा देखा गया। पुलिस को देखते ही ट्रैक्टर ड्राइवर गाड़ी लेकर भागने लगा। नदी के रेतीले इलाके के कारण पुलिस गाड़ी से पीछा करना संभव नहीं था, जिसके बाद पुलिसकर्मियों ने पैदल ही पीछा शुरू किया। पुलिस के करीब पहुंचने पर चालक ने चतुराई दिखाते हुए ट्रैक्टर का इंजन अलग किया और मौके से फरार हो गया, जबकि करीब 100 सीएफटी बालू लदी ट्रॉली वहीं छोड़ दी। पुलिस जब जब्ती की कार्रवाई शुरू करने लगी, तभी 15 से 20 की संख्या में युवक मोटरसाइकिल से मौके पर पहुंच गए और पुलिस को धमकाते हुए सरकारी काम में बाधा डालने लगे। आरोप है कि युवकों ने सबूत मिटाने के उद्देश्य से ट्रॉली पर लदे बालू को गिराने का प्रयास भी किया। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए तत्काल अतिरिक्त पुलिस बल को बुलाया गया। भारी संख्या में पुलिस बल पहुंचते ही सभी युवक अपनी तीन मोटरसाइकिलें मौके पर छोड़कर फरार हो गए। पुलिस ने सिपाही राकेश कुमार और गृहरक्षक लक्ष्मण कुमार को गवाह बनाकर ट्रैक्टर ट्रॉली और तीनों मोटरसाइकिलों को जब्त कर लिया। गांव के 10 लोगों की पहचान की घटना की वीडियोग्राफी और स्थानीय जांच के आधार पर अमृत बिगहा गांव के 10 लोगों की पहचान की गई है। नामजद आरोपियों में दीपक कुमार, लालबाबू पासवान, दिलीप कुमार, बुची कुमार, संजय कुमार, मिथिलेश कुमार, पर्वन कुमार, उदल पासवान, जहीर पासवान और शक्ति कुमार शामिल हैं। इसके अलावा 8 से 10 अज्ञात लोगों के खिलाफ भी प्राथमिकी दर्ज की गई है। अपर थानाध्यक्ष प्रदीप कुमार ने बताया कि सरकारी काम में बाधा डालने और अवैध खनन के आरोप में मामला दर्ज कर लिया गया है। आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है। पुलिस सूत्रों के अनुसार, अमृत बिगहा और आसपास के इलाकों में पहले भी इस तरह की घटनाएं सामने आती रही हैं, जहां बालू माफिया संगठित रूप से अवैध खनन करते हैं और कार्रवाई के दौरान पुलिस टीम का विरोध करते हैं। पुलिस ने साफ किया है कि ऐसे तत्वों के खिलाफ अभियान लगातार जारी रहेगा और किसी को भी कानून हाथ में लेने की अनुमति नहीं दी जाएगी।
सफाई सेवा मैराथन के विजेताओं का सम्मान:के.के. गुप्ता बोले- देशभर में चलाए जाने चाहिए ऐसे अभियान
जयपुर में 18 अप्रैल को आयोजित सफाई सेवा मैराथन 2026 के दौरान शानदार प्रदर्शन करने वाले स्वच्छता सिपाहियों को गुरुवार को नगर निगम मुख्यालय में सम्मानित किया गया। इस मौके पर स्वच्छ भारत मिशन के ब्रांड एंबेसडर के.के. गुप्ता ने कहा कि जयपुर ने स्वच्छता के क्षेत्र में एक प्रभावी मॉडल प्रस्तुत किया है, जिसे देश के अन्य शहर भी अपनाकर स्वच्छता को जन आंदोलन बना सकते हैं। गुप्ता ने कहा कि स्वच्छता केवल एक दिन का अभियान नहीं है, बल्कि इसे निरंतर अपनाई जाने वाली जीवनशैली बनाना होगा। आगरा समाज के हर वर्ग की भागीदारी सुनिश्चित हो, तो शहर ही नहीं बल्कि, पूरे देश को स्वच्छ और सुंदर बनाया जा सकता है। कार्यक्रम में CSI श्रेणी के विजेताओं को सम्मानित किया गया। मानसरोवर जोन के ताराचंद जांगिड़ ने पहला स्थान हासिल किया। मुरलीपुरा जोन की नीलम शर्मा दूसरा स्थान पर रहीं, जबकि झालाना जोन के प्रेम सिंह देवड़ा को तीसरा स्थान मिला। सभी विजेताओं को उनके शानदार काम और स्वच्छता के प्रति समर्पण के लिए सम्मानित किया गया। इस दौरान राजस्थान सोलर एसोसिएशन के सीईओ नितिन अग्रवाल द्वारा विजेताओं को सीएसआर के अंतर्गत प्रोत्साहन राशि भी दी गई। समान समारोह को संबोधित करते हुए नगर निगम कमिश्नर ओम कसेरा ने सभी सफाई कर्मियों, अधिकारियों और का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि सफाई सेवा मैराथन की सफलता सभी के सामूहिक प्रयास और सकारात्मक सहयोग का परिणाम है। सफाई कर्मियों की मेहनत और जनता के सहयोग से ही यह अभियान जनआंदोलन का रूप ले पाया है। उन्होंने कहा कि आने वाले समय में भी इसी समर्पण और जिम्मेदारी के साथ स्वच्छता अभियान को लगातार जारी रखना होगा। शहर को साफ, सुंदर और व्यवस्थित बनाए रखने के लिए प्रत्येक नागरिक की भूमिका बेहद महत्वपूर्ण है। सफाई सेवा मैराथन 2026 ने जयपुर में स्वच्छता के प्रति जागरूकता बढ़ाने के साथ-साथ सफाई कर्मियों के योगदान को भी नई पहचान दी है। यह अभियान अब केवल प्रशासनिक पहल नहीं, बल्कि जनभागीदारी का मजबूत उदाहरण बनकर सामने आया है।
लुधियाना के सबसे बड़े DMC अस्पताल में मानवता को शर्मसार करने वाला मामला सामने आया है। यहां एक मां अपने बेटे के ऑपरेशन के लिए दुआएं मांग रही थी, जबकि पास खड़ा एक युवक उसके मोबाइल पर नजर गड़ाए बैठा था। मौका पाकर युवक ने फोन चोरी कर लिया, जिसे बाद में पुलिस ने दबोच लिया। ऑपरेशन थिएटर के बाहर की घटना होशियारपुर के बुल्लेवाल की रहने वाली अमरजीत कौर ने बताया कि उनके बेटे का एक्सीडेंट हुआ था, जिसके चलते उसे DMC अस्पताल में दाखिल कराया गया है। 20 अप्रैल को उसके बेटे का ऑपरेशन था। अमरजीत अपने भतीजे के साथ ऑपरेशन थिएटर के बाहर बैठी थी। इसी बीच मोबाइल की बैटरी लो होने पर उन्होंने फोन को वहीं चार्जिंग पर लगा दिया। कुछ ही मिनटों में फोन गायब महिला कुछ देर के लिए बाथरूम गई और भतीजा भी किसी काम से बाहर चला गया। जब अमरजीत वापस लौटीं तो उनके पैरों तले जमीन खिसक गई फोन गायब था। अस्पताल जैसे भीड़भाड़ वाले इलाके में इस तरह फोन चोरी होने से वहां हड़कंप मच गया। चश्मदीदों ने बताया चेक शर्ट वाले का राज अमरजीत ने जब वहां मौजूद लोगों से पूछताछ की तो पता चला कि एक युवक, जिसने चेक वाली शर्ट पहनी थी वह फोन के आसपास घूम रहा था और उसने ही मोबाइल उठाया है। इस सुराग के बाद तुरंत पुलिस को सूचना दी गई। पुलिस ने घेराबंदी कर आरोपी को दबोचा थाना 8 की पुलिस ने तुरंत हरकत में आते हुए तफ्तीश शुरू की। चश्मदीदों के बताए हुलिए के आधार पर घेराबंदी की गई और आरोपी चंदनदीप सिंह (निवासी दहेड़ू, लुधियाना) को गिरफ्तार कर लिया गया। बरामदगी और मामला दर्ज पुलिस ने आरोपी के पास से चोरी किया गया मोबाइल फोन बरामद कर लिया है। आरोपी के खिलाफ BNS की धारा 303(2) और 317(2) के तहत मामला दर्ज कर कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी गई है।
देवास के टोंकखुर्द क्षेत्र में गुरुवार को बाइक सवार दो लोगों को अज्ञात वाहन ने टक्कर मार दी। हादसे में एक व्यक्ति की मौत हो गई, जबकि एक बुजुर्ग गंभीर रूप से घायल हो गए। घायल को देवास जिला अस्पताल में प्राथमिक उपचार के बाद इंदौर रेफर किया गया है। प्राप्त जानकारी के अनुसार, मेहरबान सिंह निवासी बेरछा बेसरापुर और बुजुर्ग हरनाथ सिंह गुरुवार सुबह देवास में एक मकान के गृह प्रवेश कार्यक्रम में शामिल होने आए थे। मेहरबान सिंह अपनी बहन प्रेमलता मालवीय के यहां मामेरा लेकर पहुंचे थे। दोपहर में मामेरा ओढ़ाने के बाद बहन प्रेमलता मालवीय ने अपने भाई मेहरबान सिंह और रिश्तेदार हरनाथ सिंह को खुशी-खुशी विदा किया। लेकिन कुछ ही देर बाद अज्ञात वाहन ने उनकी बाइक को टक्कर मार दी, जिसमें मेहरबान सिंह की मौके पर ही मौत हो गई। बहन को पुलिस से मिली मौत की खबर जिस बहन ने अपने भाई को तिलक लगाकर विदा किया था, उसे कुछ ही देर बाद पुलिस के माध्यम से उसके निधन की सूचना मिली। यह खबर मिलते ही परिवार स्तब्ध रह गया और सभी जिला अस्पताल पहुंच गए। हादसे में घायल हरनाथ सिंह को गंभीर हालत में इंदौर रेफर किया गया है। वहीं, मेहरबान सिंह के शव को पोस्टमार्टम के लिए जिला अस्पताल में रखवाया गया है। अज्ञात वाहन की तलाश में जुटी पुलिस परिजनों के अनुसार, हादसा कैसे हुआ इसकी स्पष्ट जानकारी नहीं है, लेकिन आशंका है कि किसी अज्ञात वाहन ने बाइक को टक्कर मारी। पुलिस मामले की जांच कर रही है। जिस घर में मकान की खुशियां मनाई जा रही थीं, वहां कुछ ही देर में हादसे की खबर पहुंचते ही मातम छा गया। परिवार के लोग इस घटना से गहरे सदमे में हैं, वहीं बेरछा क्षेत्र में भी घटना की सूचना पहुंचते ही शोक का माहौल है।
जोधपुर डिस्कॉम के संभावित निजीकरण के विरोध में कर्मचारियों ने रैली निकाली। जोधपुर डिस्कॉम संयुक्त संघर्ष समिति के बैनर तले गुरुवार को कर्मचारी रैली के रूप में कलेक्ट्रेट पहुंचे और वहां नारेबाजी की। इसके बाद मुख्यमंत्री के नाम एडीएम को अपनी मांगों को लेकर ज्ञापन सौंपा। समिति के संयोजक उम्मेदाराम चौधरी ने बताया- डिस्कॉम के निजीकरण के प्रस्तावित प्रक्रिया से कर्मचारी-अधिकारियों के साथ-साथ उपभोक्ताओं को भी नुकसान होगा। उन्होंने कहा कि राजस्थान में फ्रेंचाइजी मॉडल के रूप में इससे पहले निजी कंपनी को कोटा, बीकानेर और भरतपुर में अवसर दिया गया। जहां निजी कंपनियों ने समझौते की शर्तों का उल्लंघन किया। उन्होंने बताया- इन कंपनियों ने सरकारी बुनियादी ढांचे और भवनों का पूरा लाभ उठाने के बाद 33% स्टाफ वापस डिस्कॉम पर थोप दिया। साथ ही उपभोक्ताओं को गुणवत्तापूर्ण सेवा देने की बजाय केवल राजस्व वसूली पर ध्यान दिया। इससे स्थानीय रोजगार कम हुआ और ठेका कर्मचारियों का शोषण बढ़ा। इसे देखते हुए सीख लेने की जरूरत है। दोषपूर्ण नीतिगत निर्णय से बढ़ा घाटा उम्मेदाराम चौधरी ने बताया- जोधपुर डिस्कॉम का वित्तीय घाटा दोषपूर्ण नीतिगत निर्णय, अत्यधिक आउटसोर्सिंग और अनावश्यक ठेका प्रथा परिणाम है, न की कर्मचारियों की अकर्मण्यता का। इसके विपरीत कर्मचारियों ने निष्ठा और परिश्रम से एटी एंड सी लॉस को 34% से घटकर 22% पर लाकर दिखाया है। ओडिशा में विफल हो चुका यह मॉडल समिति के जगदीश दाधीच ने बताया- ऐसा मॉडल ओडिशा में विफल हो चुका है। ओडिशा में बिजली का निजीकरण किया। सिस्को कंपनी को डिस्कॉम सौंप दिया गया। तब उपभोक्ताओं को बेहतर सेवा का वादा किया गया था, लेकिन परिणाम विपरीत निकले। जब चक्रवाती तूफान जैसी भीषण आपदा आई, तब निजी कंपनी अपना लाभ सुरक्षित कर मैदान छोड़कर भाग गई। इसके बाद सरकारी तंत्र और कर्मचारियों ने ही विद्युत व्यवस्था बहाल की। यह ऐतिहासिक तथ्य जिसकी अनदेखी करना राजस्थान के नागरिकों के साथ अन्याय होगा। बाद में ओडिशा सरकार को वितरण प्रणाली को सरकारी नियंत्रण में लेना पड़ा, क्योंकि निजी कंपनी ने उपभोक्ताओं की सेवा, कर्मचारी और आपदा प्रधान प्रबंधन तीनों में विफल रही। ग्रामीण क्षेत्रों में आपूर्ति पर पड़ेगा असर समिति के जगदीश दाधीच ने बताया- हमारे सामने कई उदाहरण हैं। जब बिजली वितरण का काम निजी हाथों में दिया गया तो बिजली बिलों में भारी वृद्धि हुई है। इसका असर उपभोक्ताओं पर पड़ता है। ग्रामीण क्षेत्रों में बिजली आपूर्ति की गुणवत्ता और विश्वसनीयता भी घटेगी। आपदा की स्थिति में कंपनियां अपनी जिम्मेदारी से पीछे हट सकती है। जैसा उन्होंने ओडिशा में किया। इसके साथ ही बीपीएल परिवारों और छोटे उद्योगों पर भी बिजली दर बढ़ाने का प्रभाव पड़ेगा।
छत्तीसगढ़ प्राइवेट स्कूल मैनेजमेंट एसोसिएशन के आह्वान पर प्रदेशभर के निजी स्कूल 1 मार्च से असहयोग आंदोलन पर हैं। 4 अप्रैल को संगठन ने निर्णय लिया कि RTE के तहत लॉटरी से आबंटित वंचित वर्ग के विद्यार्थियों को प्रवेश नहीं दिया जाएगा। 17 अप्रैल को शिक्षकों और संचालकों ने काली पट्टी लगाकर विरोध किया, जबकि 18 अप्रैल को स्कूल बंद रखे गए। इस आंदोलन के तहत आज विभिन्न जिलों के निजी स्कूलों ने डाक के माध्यम से स्कूल शिक्षा मंत्री को ज्ञापन भेजा। संगठन का आरोप है कि विभाग उनकी मांगों को गंभीरता से नहीं ले रहा है और मांग की अनदेखी की जा रही है। संगठन ने बताया कि 24 अप्रैल को प्रदेशभर में जनप्रतिनिधियों से मिलकर अपनी समस्याएं रखी जाएंगी और स्कूल शिक्षा विभाग की लापरवाही से अवगत कराया जाएगा। इसके लिए जिला स्तर पर रणनीति तैयार कर ली गई है। सचिव स्तरीय वार्ता विफल, आंदोलन तेज करने की चेतावनी23 अप्रैल को हुई सचिव स्तरीय वार्ता बेनतीजा रही। संगठन ने स्पष्ट किया कि मांगें पूरी नहीं होने तक आंदोलन जारी रहेगा और जरूरत पड़ने पर इसे और तेज किया जाएगा। प्रतिपूर्ति राशि तय करने की मांग, 2011 से नहीं हुआ पुनर्निर्धारणएसोसिएशन ने शासकीय स्कूलों में प्रति विद्यार्थी खर्च सार्वजनिक करने की मांग की है, ताकि निजी स्कूलों को मिलने वाली प्रतिपूर्ति राशि तय हो सके। संगठन का कहना है कि 2011 से अब तक राशि का पुनर्निर्धारण नहीं हुआ है, जिससे आर्थिक दबाव बढ़ रहा है।
मंडला जिले के नैनपुर में गेहूं उपार्जन केंद्र पर फसल रिजेक्ट करने से नाराज किसानों ने गुरुवार को ग्राम निवारी में मंडला-सिवनी मुख्य मार्ग पर चक्काजाम कर दिया। किसानों का आरोप है कि सर्वेयर द्वारा बार-बार गेहूं को रिजेक्ट किया जा रहा था और केंद्रों पर तुलाई कार्य बंद था। इस प्रदर्शन के कारण सड़क के दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं और करीब तीन घंटे तक आवागमन पूरी तरह ठप रहा। गुणवत्ता नियमों में छूट की जानकारी न होने से विवाद एसडीएम आशुतोष महादेव ठाकुर ने मौके पर पहुंचकर किसानों को समझाया कि शासन द्वारा गेहूं की गुणवत्ता में दी गई छूट की जानकारी निचले स्तर के कर्मचारियों तक नहीं पहुंच पाने के कारण उपज रिजेक्ट हो रही थी। उन्होंने तत्काल निर्देश दिए कि नए दिशा-निर्देशों के आधार पर ही खरीदी की जाए। इसके बाद अधिकारियों ने पुष्पा वेयरहाउस का निरीक्षण कर तुलाई कार्य सुचारू करने के आदेश दिए। सुबह 8 से रात 8 बजे तक होगी खरीदी प्रशासन ने केंद्रों पर तुलाई के लिए कांटों की संख्या बढ़ाने और रात में पर्याप्त प्रकाश व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। अब केंद्रों पर सुबह 8 बजे से रात 8 बजे तक गेहूं की खरीदी जारी रहेगी। एसडीएम और खाद्य विभाग के अधिकारियों के लिखित आश्वासन के बाद किसानों ने अपना आंदोलन समाप्त किया। किसानों ने चेतावनी दी है कि यदि पुनः तुलाई रोकी गई तो वे उग्र आंदोलन करेंगे।
नाबालिग छात्राओं से रेप और उनके सुसाइड के मामले में प्रतापगढ़ कोर्ट ने दो आरोपियों को 20-20 साल की सजा सुनाई है। साथ ही उनके दो सहयोगियों को 10-10 साल की सजा सुनाई। इसके साथ ही कोर्ट ने आरोपियों पर जुर्माना भी लगाया है। लोक अभियोजक किशनलाल कुमावत ने बताया- मामला साल 2023 का है। पीपलखूंट थाना क्षेत्र में दो नाबालिग छात्राएं कमरा किराए पर लेकर स्कूल में पढ़ाई कर रहीं थीं। थाना क्षेत्र में रहने वाले अभिषेक और अनिल दोनों के साथ लगातार छेडछाड़ कर रहे थे। 5 अक्टूबर 2023 को दोनों आरोपियों ने छात्राओं के साथ बाजार में छेड़छाड़ की। इस पर आसपास भीड़ जमा हो गई। भीड़ ने एक आरोपी को पकड़कर बिठा लिया और बच्चियों के परिजनों को सूचना दी। छात्राओं के परिजनों ने मामले को लेकर 5 अक्टूबर 2023 को ही पीपलखूंट थाने में शिकायत दी। मगर बाद में पुलिस ने समझाइश के बाद आरोपियों को छोड़ दिया। बाजार जाते समय किया किडनैप 7 अक्टूबर को अभिषेक और अनिल अपने दो साथी अजय और दीपेश के साथ दोनों छात्राओं को किडनैप करने की योजना बनाई। जब दोनों बाजार में सब्जी लेने के लिए जा रहीं थी उसी समय आरोपी बेहोशी की दवा सुंघाकर दोनों का बोलेरो में अपहरण कर ले गए। इसके बाद जंगल में ले जाकर दोनों के साथ दुष्कर्म किया। इसके बाद प्रतापगढ़ के नाकोड़ा नगर के पास दोनों को फेंककर चले गए। रात के समय होश आने पर दोनों ने कॉलोनी के लोगों से मदद मांगी। इसके बाद परिजनों को फोन कर मामले की जानकारी दी। मौके पर पहुंचे परिजन दोनों को लेकर पीपलखूंट थाना लेकर पहुंचे। जहां परिजनों की रिपोर्ट ले ली। इसके बाद 8 अक्टूबर को मेडिकल कराने के लिए कहा। घर आने के बाद किया सुसाइड इसके बाद परिजन दोनों को लेकर घर आ गए। 7 अक्टूबर की रात को जब घर पर सभी लोगों के सो जाने के बाद दोनों नाबालिग ने जहरीला पदार्थ खा लिया। तबीयत बिगड़ने पर परिजन दोनों को अस्पताल लेकर पहुंचे। जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। जेल के साथ जुर्माना भी लगाया लोक अभियोजक किशनलाल कुमावत ने बताया- प्रतापगढ़ की पॉक्सो कोर्ट ने अभिषेक और अनिल को मुख्य आरोपी मानते हुए 20-20 साल की जेल के साथ 60-60 हजार रुपए का जुर्माना लगाया। साथ ही अजय और दीपेश को 10-10 साल की जेल के साथ 16-16 हजार रुपए का जुर्माना लगाया। … यह खबर भी पढ़ें प्रेग्नेंट पत्नी को निर्वस्त्र कर 1KM घुमाया था:पति समेत 17 आरोपियों को सुनाई सजा; जज बोलीं- ऐसा करने वालों को माफी का अधिकार नहीं 6 महीने की प्रेग्नेंट पत्नी को निर्वस्त्र कर घुमाने के मामले में सिविल कोर्ट ने 11 माह बाद शनिवार को फैसला सुनाया है। इसमें पति समेत 14 लोगों को 7 साल और 3 महिलाओं को 5 साल की सजा सुनाई है। (पढ़ें पूरी खबर)
पंजाब की अनाज मंडियों में गेहूं की आवक चरम पर है। हालांकि, कस्बा बधनी कलां की मुख्य दाना मंडी में स्थिति चिंताजनक बनी हुई है। मंडी में गेहूं की बोरियों के अंबार लग गए हैं, जिससे आढ़तियों और किसानों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। सरकारी खरीद के बावजूद लिफ्टिंग की धीमी गति ने व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं।स्थानीय किसानों और आढ़तियों के अनुसार, सरकार ने 72 घंटों के भीतर लिफ्टिंग पूरी करने का दावा किया था। हालांकि, जमीनी हकीकत इसके विपरीत है। मंडी में गेहूं की बोरियां कई दिनों से जमा हैं, जिससे जगह की कमी हो रही है और फसल की सुरक्षा को लेकर भी चिंताएं बढ़ गई हैं। जरूरत से कम लगाई गईं गाडि़यां आढ़तियों ने बताया कि परिवहन व्यवस्था कमजोर है। लिफ्टिंग के लिए आवश्यक ट्रकों की तुलना में बहुत कम वाहन भेजे जा रहे हैं। इसी कारण गेहूं के उठान में देरी हो रही है, जिससे मंडी का पूरा प्रबंधन प्रभावित हो रहा है।इलाके के किसानों और यूनियन नेताओं ने प्रशासन से तत्काल ट्रकों की संख्या बढ़ाने और लिफ्टिंग प्रक्रिया में तेजी लाने की मांग की है। समस्यायों के त्वरित समाधान के लिए लगाएं विशेष टीमें उन्होंने यह भी मांग की है कि विशेष टीमें तैनात की जाएं, ताकि खरीद एजेंसियों के अधिकारी मौके पर ही समस्याओं का समाधान कर सकें।मौजूदा हालात को देखते हुए, आढ़तियों ने सरकार और खरीद एजेंसियों के खिलाफ कड़ा रुख अपनाया है। उनका स्पष्ट कहना है कि 72 घंटे से अधिक समय बीत जाने के बाद फसल की सुरक्षा की जिम्मेदारी उनकी नहीं होगी।
रायपुर पुलिस ने शहर के अलग-अलग इलाकों से एक दर्जन से ज्यादा दोपहिया वाहन चोरी करने वाले शातिर चोर को गिरफ्तार किया है। आरोपी की पहचान राहुल वर्मा (33) के रूप में हुई है, जो B.Tech डिग्रीधारी है। पुलिस ने उसके कब्जे से चोरी की 13 दोपहिया वाहन बरामद किए हैं, जिनकी कुल कीमत करीब 5 लाख 50 हजार रुपए बताई जा रही है। पुलिस के मुताबिक, शहर में लगातार बढ़ रही वाहन चोरी की घटनाओं को देखते हुए पुलिस उपायुक्त (क्राइम एवं साइबर) स्मृतिक राजनाला की मॉनिटरिंग में एंटी क्राइम एंड साइबर यूनिट की विशेष टीम बनाई गई थी। टीम को वाहन चोरी पर अंकुश लगाने और आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी के निर्देश दिए गए थे। सीसीटीवी कैमरे-मुखबिर की मदद से पकड़ा जांच के दौरान टीम ने चोरी वाले स्थानों और आसपास लगे CCTV कैमरों के फुटेज खंगाले। साथ ही मुखबिर तंत्र को सक्रिय किया गया। पुलिस ने नियमित गश्त, तकनीकी जांच और सूचना इकट्ठा करके उन इलाकों की पहचान की, जहां सबसे ज्यादा दोपहिया वाहन चोरी हो रहे थे। पहले भी चोरी की गाड़ी के साथ हो चुका गिरफ्तार इसी दौरान पुलिस को सूचना मिली कि खरोरा निवासी राहुल वर्मा, जो पहले भी कई वाहन चोरी की वारदातों में शामिल रहा है, इन दिनों अलग-अलग दोपहिया वाहनों से घूम रहा है। सूचना के आधार पर टीम ने उसे पकड़ लिया। पूछताछ में वह पुलिस को गुमराह करता रहा, लेकिन सबूत मिलने के बाद कड़ाई से पूछताछ करने पर उसने रायपुर शहर के अलग-अलग इलाकों से 13 बाइक चोरी करना कबूल कर लिया। इन इलाको से चुराई थी बाइक आरोपी की निशानदेही पर पुलिस ने अलग-अलग जगहों पर छिपाकर रखी गई 13 बाइक बरामद की। इनमें से 11 दोपहिया वाहनों के चोरी के मामले सिविल लाइन, पंडरी, सरस्वती नगर, कोतवाली, डीडी नगर, देवेंद्र नगर, मौदहापारा और पुरानी बस्ती थाना में पहले से दर्ज है। पुलिस ने आरोपी राहुल वर्मा को गिरफ्तार कर लिया है। वह वर्ष 2023 में रायपुर के अलग-अलग थाना क्षेत्रों से 40 दोपहिया वाहन चोरी के मामलों में जेल जा चुका है। आरोपी ग्राम बुडे़रा, आजाद चौक, थाना खरोरा का रहने वाला है।
कानपुर में बिकरू कांड की आरोपी खुशी दुबे ने जेल से रिहा होने के बाद अपनी नई जिंदगी की शुरुआत कर दी। इस बार यूपी बोर्ड से इंटर में 60.8% नंबर के साथ फर्स्ट डिवीजन परीक्षा पास की है। खुशी ने बातचीत के दौरान बताया कि उन्हें एक काबिल वकील बनाना है। खास बात ये है कि उन्होंने कहा कि कोर्ट में तारीखों के बीच, वकीलों के चक्कर लगाने और मां के इलाज के साथ इंटर की तैयारी की थी। वह अपने नंबरों से संतुष्ट हैं। एनकाउंटर में मारे गए गैंगस्टर अमर दुबे की पत्नी हैं खुशी पनकी की रहने वाली खुशी दुबे की शादी 29 जून 2020 यानी बिकरू कांड से ठीक तीन दिन पहले गैंगस्टर विकास दुबे के भतीजे अमर दुबे से हुई थी। पुलिस ने बिकरू कांड के बाद खुशी दुबे को भी आरोपी बनाया था। आरोप था कि बिकरू कांड के दौरान खुशी बिकरू कांड में शामिल पति अमर दुबे व विकास दुबे के गैंग की मदद कर रही थी। पुलिस ने खुशी दुबे को अरेस्ट करके जेल भेज दिया था। वह चौथी में मायके जाने की बजाए जेल गई थी। बिकरू कांड के चंद दिनों बाद ही पुलिस ने खुशी के पति अमर दुबे को एनकाउंटर में मार गिराया था। 30 महीने जेल में रहने के बाद खुशी को कोर्ट से जमानत मिली थी। जेल से छूटने के बाद अपनी जिंदगी के स्याह पन्नों को भुलाने और आगे बढ़ने के लिए फिर से पढ़ाई शुरू की और यूपी बोर्ड से इंटर में दाखिला लिया था। खुशी ने बताया कि इंटर की पढ़ाई मेरे लिए बहुत कठिन रही है, क्यों कि कोर्ट-कचहरी और थाना के साथ ही मां के इलाज के बीच पढ़ाई करना बहुत कठिन रहा है। पढ़ाई बहुत ऊपर-नीचे हो गई थी। इसके बाद भी मैं थकी व टूटी नहीं और पढ़ाई को निरंतर जारी रखा। इसके बाद एग्जाम दिया और अब मैं इतने अच्छे नंबरों से पास हुई हूं। मुझे बहुत ज्यादा खुशी हो रही है। बस मुझे अब इसी तरह से आगे बढ़ना है। उन्होंने बताया कि मुझे भी आगे वकील बनना है। मेरे साथ जो चीजें हुई हैं उसे भूलना तो नामुमकिन है, लेकिन उससे बचने के लिए मेरा पढ़ना बहुत जरूरी है। मुझे हर कीमत पर अपना लक्ष्य हासिल करना है। इंटर पास होने के साथ ही जीवन में बहुत सारे सकारात्मक बदलाव हो रहे और बहुत चीजें अच्छी दिख रही हैं।
हिसार जिले के उकलाना नगर पालिका में 10 मई को होने वाले चेयरपर्सन चुनाव को लेकर सियासी सरगर्मियां तेज हो गई हैं। नामांकन प्रक्रिया 25 अप्रैल तक जारी रहेगी। वहीं, भाजपा ने भी अपने अधिकृत प्रत्याशी की घोषणा कर दी है। भाजपा ने उकलाना नगर पालिका से चेयरपर्सन पद के लिए निकिता गोयल को प्रत्याशी घोषित किया है। सूत्रों की मानें तो इस बार भाजपा मजबूत और प्रभावशाली चेहरे को मैदान में उतारने की रणनीति पर काम कर रही थी। हरियाणा वेयरहाउसिंग कॉर्पोरेशन के पूर्व अध्यक्ष श्रीनिवास गोयल की पुत्रवधू निकिता गोयल का नाम प्रमुख रूप से सामने आ रहा था, जिन्हें संभावित प्रत्याशी के तौर पर देखा जा रहा था। कृष्ण बेदी चुनाव प्रभारी बनाए गए भाजपा की ओर से निकाय चुनाव को गंभीरता से लेते हुए संगठनात्मक स्तर पर भी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। हरियाणा सरकार के कैबिनेट मंत्री कृष्ण बेदी को उकलाना नगर पालिका चुनाव का प्रभारी नियुक्त किया गया है, जबकि सुरेंद्र को सह-प्रभारी बनाया गया है। दोनों नेता लगातार कार्यकर्ताओं और पदाधिकारियों के साथ बैठकों का दौर चला रहे हैं, जिससे चुनावी रणनीति को अंतिम रूप दिया जा सके। उकलाना अनाज मंडी में चुनाव कार्यालय बनाया इसके साथ ही भाजपा ने उकलाना की पुरानी अनाज मंडी में अपना चुनाव कार्यालय भी स्थापित कर लिया है, जहां से चुनावी गतिविधियों को संचालित किया जा रहा है। कार्यालय खुलने के साथ ही कार्यकर्ताओं में उत्साह देखने को मिल रहा है। इसके साथ ही क्षेत्र में पार्टी की गतिविधियां तेज हो गई हैं। गौरतलब है कि उकलाना नगर पालिका में चेयरपर्सन पद महिला के लिए आरक्षित है और कुल 16 वार्डों में पार्षदों का चुनाव भी इसी दिन कराया जाएगा। भाजपा सहित अन्य राजनीतिक दल भी अपने-अपने उम्मीदवारों को मैदान में उतारने की तैयारी में जुटे हैं, जिससे आने वाले दिनों में चुनावी माहौल और अधिक गरमाने की संभावना है।
पटना में एक युवती पुल से कूद गई है। पहले वो पुल की रेलिंग पर काफी देर तक बैठी रही। वो इधर-उधर देख रही थी। पुल के नीचे काफी संख्या में भीड़ जुटी थी। अचानक पुल पर युवती ने किसी को देखा। जिसके बाद उसने पुल नीचे छलांग लगा दी। पुल के नीचे मौजूद लोगों ने युवती को जमीन पर गिरने नहीं दिया। लोगों ने उसे हवा में पकड़ लिया। इस वजह से उसकी जान बच गई। घटना एनी बेसेंट रोड पटना कॉलेज के पास डवल डेकर पुल की है। हादसे की देखें 3 तस्वीरें… स्थानीय लोगों ने पहुंचाया अस्पताल स्थानीय लोगों ने बिना देरी किए युवती को पीएमसीएच पहुंचाया है। जहां उसका इलाज चल रहा है। अभी ये क्लियर नहीं हुआ है कि वो आत्महत्या करने क्यों जा रही थी। लड़की सुसाइड करने के लिए सफेद कपड़े में आई थी। वो कौन है, कहां रहती है। इसके बारे में पता लगाने की कोशिश की जा रही है। अभी लड़की की पहचान नहीं हुई है थानेदार सज्जाद गद्दी ने बताया कि लड़की की उम्र 18-20 वर्ष है। तलाशी के दौरान पहचान से संबंधित डॉक्यूमेंट नहीं मिले हैं। बेहोशी हालत में पीएमसीएच के इमरजेंसी वार्ड में एडमिट कराया गया है। अभी कुछ क्लियर बता भी नहीं पाई है। स्थिति गंभीर है।
टोंक में 27 अप्रैल को होने वाली बीजेपी की सभा की तैयारियों को लेकर मदन राठौड़ ने कार्यक्रम स्थल का निरीक्षण किया और भूमि पूजन किया। इस कार्यक्रम में राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन और मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा शामिल होंगे। मदन राठौड़ ने कहा - कांग्रेस पार्टी भ्रष्टाचार में डूबी हुई है। कांग्रेस ने 2014 से पहले 2जी घोटाले सहित कई घोटाले किए और देश में बड़े स्तर पर भ्रष्टाचार फैलाया। कांग्रेस के कई नेता जमानत पर बाहर मदन राठौड़ ने कहा कि आज सोनिया गांधी और राहुल गांधी सहित कई कांग्रेस नेता जमानत पर बाहर हैं, फिर भी देश की आलोचना कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि कांग्रेस में कुछ अच्छे नेता जरूर हैं, लेकिन पार्टी में देशभक्ति की कमी है और देशद्रोहियों का जमावड़ा ज्यादा है। बीजेपी प्रदेशाध्यक्ष ने कहा - नारी शक्ति वंदन अधिनियम बिल का विरोध कर कांग्रेस ने महिलाओं का अपमान किया है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने विदेशों में भारत का सम्मान बढ़ाया है और अब तक 30 देशों से सर्वोच्च सम्मान प्राप्त कर चुके हैं। पेट्रोल-डीजल को लेकर कांग्रेस पर भ्रम फैलाने का आरोप राठौड़ ने कांग्रेस नेताओं पर पेट्रोल, डीजल और गैस के मुद्दे पर भ्रम फैलाने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि देश की स्थिति लगातार बेहतर हो रही है और विपक्ष केवल गलत प्रचार कर रहा है। ‘अब सिर्फ बीजेपी ही रहेगी’ उन्होंने कार्यकर्ताओं से आह्वान किया कि वे जनता के बीच जाकर सरकार की नीतियों को समझाएं। उन्होंने कहा कि अब समय आ गया है कि देश में लगातार बीजेपी की सरकार रहे और जनता को पार्टी के कार्यों के बारे में बताया जाए। कई नेता रहे मौजूद इस दौरान जलदाय मंत्री कन्हैया लाल चौधरी, बीजेपी जिलाध्यक्ष चंद्रवीर सिंह चौहान, पूर्व विधायक अजीत सिंह मेहता, पूर्व सांसद सुखबीर सिंह जौनपुरिया, निवर्तमान जिलाप्रमुख सरोज नरेश बंसल, पूर्व जिला प्रमुख सत्यनारायण चौधरी, पूर्व चेयरमैन गणेश माहुर, लक्ष्मी जैन, पूर्व जिलाध्यक्ष सतीश चंदेल सहित कई नेता मौजूद रहे।
झुंझुनूं जेल में ड्रग सप्लाई करने वाला गिरफ्तार:बैग में छिपाकर लाया था चरस; हरियाणा से पकड़ा
जिला जेल में बंदियों तक नशा पहुंचाने के मंसूबों पर जेल कर्मियों की सतर्कता के कारण पानी फिर गया। हरियाणा से आकर जेल में बंद एक कैदी को चरस की सप्लाई देने पहुंचे शातिर युवक रोहित को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी ने बेहद शातिराना तरीके से बैग की सिलाई के भीतर नशीला पदार्थ छिपाया था, जिसे जेल सुरक्षाकर्मियों की सतर्कता ने पकड़ लिया। जेल कर्मियों को दिया था बैग मामला 1 अप्रैल 2026 को उस वक्त सामने आया, जब हरियाणा के भिवानी जिले का रहने वाला रोहित, झुंझुनूं जिला कारागृह में बंद कैदी विकास पुत्र ओमवीर से मिलने पहुंचा। मुलाकात के बाद रोहित ने विकास को देने के लिए एक बैग जेल कर्मियों को सौंपा। 14 ग्राम चरस मिला जेल प्रशासन को संदेह होने पर जब बैग की गहन तलाशी ली गई, तो सुरक्षाकर्मी भी हैरान रह गए। बैग की अंदरूनी सिलाई के बीच काले रंग का पदार्थ छिपाया गया था, जो जांच में 14 ग्राम चरस पाया गया। सूचना मिलते ही सदर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और कार्यवाहक अधीक्षक गंगाराम की रिपोर्ट पर मादक पदार्थ जब्त कर एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज किया। छापेमारी और गिरफ्तारी घटना के बाद से ही आरोपी रोहित फरार चल रहा था। मामले की गंभीरता को देखते हुए सदर थानाधिकारी मांगीलाल के नेतृत्व में एक विशेष टीम गठित की गई। पुलिस ने आरोपी के संभावित ठिकानों पर दबिश दी और लगातार तकनीकी निगरानी रखी। सटीक सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने आज 23 अप्रैल 2026 को आरोपी के पैतृक गांव सेहर (भिवानी, हरियाणा) में घेराबंदी की।पुलिस ने आरोपी रोहित को दस्तयाब कर गहन पूछताछ के बाद गिरफ्तार कर लिया है।
बेगूसराय के तेयाय ओपी क्षेत्र के रघुनंदनपुर गांव में चोरों ने एक ही घर को तीसरी बार निशाना बनाया है। रात में चोरों ने स्वर्गीय नंदनारायण चौधरी के बंद घर का ताला तोड़कर लाखों की संपत्ति पर हाथ साफ कर दिया। वार्ड नंबर- 9 स्थित इस घर के सदस्य बाहर रहते हैं। गृहस्वामी के एक बेटे अमरेन्द्र कुमार दिल्ली में और दूसरे बेटे धर्मेंद्र कुमार रांची में नौकरी करते हैं, जबकि उनकी मां पटना में रहती हैं। घर को सूना पाकर चोरों ने मुख्य द्वार का ताला कटर से काट दिया। घर में प्रवेश करने के बाद चोरों ने एक-एक कर सभी कमरों के ताले तोड़े। परिजनों के मुताबिक चोरों ने गोदरेज अलमारी का कब्जा उखाड़ दिया और उसमें रखे करीब 10 भरी सोने के जेवर, 20 भरी चांदी के जेवर और कीमती कपड़े समेट कर चंपत हो गए। चोरी गई संपत्ति की कुल कीमत 20 लाख से अधिक आंकी जा रही है। चोरों ने इस वारदात को बेहद शातिराना अंदाज में अंजाम दिया। घर के अगले हिस्से में सुबोध कुमार सिन्हा किराए पर साइबर कैफे चलाते हैं। गल्ले से 1500 रुपया चोरी चोरों ने सुबोध के साइबर कैफे के गल्ले से 1500 रुपया चोरी किए, लेकिन पकड़े जाने के डर से उन्होंने बगल में स्थित सुबोध के अपने घर के मुख्य द्वार की कुंडी बाहर से लगा दी। सुबह में जगने पर गेट नहीं खुला तो उन्होंने हल्ला मचाया। इसके बाद आसपास के लोग जुटे और गेट खोलकर बाहर निकाला। इसके बाद चोरी का पता चला। सुबोध कुमार सिन्हा ने बताया कि रात करीब 10:45 बजे हम दुकान और घर को ताला लगाकर सोने गए था। सुबह जब दुकान खोलने आया तो देखा कि ताले टूटे हुए हैं। चोरों ने मेरे घर की कुंडी बाहर से बंद कर दी थी, जिससे हम बाहर नहीं निकल सकें। गांव में बुधवार की रात तीन घरों को निशाना बनाने की कोशिश हुई, लेकिन सूना होने के कारण नंदनारायण चौधरी के घर में वे सफल रहे। 15 दिनों के भीतर चोरी की यह तीसरी घटना घटना से ग्रामीणों में पुलिस के खिलाफ भारी आक्रोश है। ग्रामीणों का आरोप है कि रघुनंदनपुर गांव में पिछले 15 दिनों के भीतर चोरी की यह तीसरी घटना है। इससे पहले 14 अप्रैल को भी गांव के दो घरों में चोरी का प्रयास हुआ था। पुलिस की रात्रि गश्ती केवल कागजों तक सीमित है, जिसका फायदा उठाकर अपराधी बेखौफ होकर वारदातों को अंजाम दे रहे हैं। घटना की सूचना मिलने के बाद तेयाय ओपी प्रभारी कुमारी निकिता भारती ने मामले की जानकारी ली। प्रभारी का कहना है कि मामले की छानबीन की जा रही है और परिजनों की ओर से लिखित आवेदन मिलने के बाद आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। हालांकि, ग्रामीण इस बात से संतुष्ट नहीं हैं, क्योंकि पहले हुई चोरियों में भी अब तक कोई ठोस नतीजा सामने नहीं आया है।
करनाल जिले के घरौंडा क्षेत्र में अवैध कॉलोनियों के खिलाफ प्रशासन ने सख्त कार्रवाई करते हुए वीरवार को तीन स्थानों पर तोड़फोड़ अभियान चलाया। जिला योजनाकार की अगुवाई में ड्यूटी मजिस्ट्रेट और पुलिस टीम की मौजूदगी में यह कार्रवाई की गई। इस दौरान करीब 28 एकड़ में फैली तीन अवैध कॉलोनियों में बनी कच्ची सड़कों को पूरी तरह ध्वस्त कर दिया गया। जिला योजनाकार गुंजन वर्मा ने बताया कि पहली अवैध कॉलोनी डींगर माजरा रोड पर करीब 10.5 एकड़ में विकसित की गई थी। टीम ने मौके पर पहुंचकर कॉलोनी में बनी सभी कच्ची सड़कों को तोड़ दिया। 11 एकड़ में डवलप की जा रही थी कॉलोनी इसी रोड पर करीब 11 एकड़ में दूसरी अवैध कॉलोनी विकसित की जा रही थी। प्रशासन ने यहां भी कार्रवाई करते हुए पूरी कॉलोनी में बनी कच्ची सड़कों को ध्वस्त कर दिया, ताकि आगे किसी प्रकार का निर्माण न हो सके। तीसरी अवैध कॉलोनी भी डींगर माजरा रोड पर ही करीब 6.5 एकड़ क्षेत्र में पाई गई। यहां भी टीम ने कच्चे रास्तों और निर्माण को तोड़कर कॉलोनी को निष्क्रिय कर दिया। अवैध निर्माण करने वालों पर एफआईआर जिला योजनाकार गुंजन वर्मा ने बताया कि अवैध कॉलोनियां काटने और निर्माण करने वालों के खिलाफ लगातार मामले दर्ज किए जा रहे हैं। ऐसे लोगों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी और किसी को भी बख्शा नहीं जाएगा। लोगों से की सतर्क रहने की अपील उन्होंने आम लोगों से अपील की कि वे प्रॉपर्टी डीलरों के झांसे में न आएं और केवल वैध कॉलोनियों में ही प्लॉट खरीदें। उन्होंने कहा कि अवैध कॉलोनियों में निवेश करने से लोगों को नुकसान उठाना पड़ सकता है, इसलिए पूरी जांच के बाद ही संपत्ति खरीदें।
खगड़िया के बेलदौर थाना क्षेत्र में दहेज प्रताड़ना और घरेलू हिंसा का एक गंभीर मामला सामने आया है। तेलिहार वार्ड संख्या-06 की 25 वर्षीय ममता कुमारी ने अपने पति संजीव कुमार और ससुराल पक्ष के अन्य सदस्यों पर मारपीट तथा जान से मारने की धमकी देने का आरोप लगाया है। ममता कुमारी के अनुसार, उनकी शादी लगभग छह वर्ष पूर्व संजीव कुमार से हुई थी। शादी के बाद उन्हें चार बेटियां हुईं, लेकिन पुत्र न होने के कारण ससुराल पक्ष लगातार उन्हें प्रताड़ित कर रहा था। पीड़िता ने आरोप लगाया है कि पति संजीव कुमार, ससुर सूर्यनारायण सिंह (डीलर) और सास प्रमिला देवी ने मिलकर उन्हें लाठी, डंडा और ईंट से बेरहमी से पीटा, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गईं। घटना के दौरान आरोपियों ने कथित तौर पर मायके से दहेज की बकाया राशि लाने का दबाव बनाया और पैसे न लाने पर जान से मारने की धमकी दी। मारपीट इतनी भीषण थी कि ममता कुमारी बेहोश होकर जमीन पर गिर पड़ीं। इसके बाद सभी आरोपी मौके से फरार हो गए। स्थानीय लोगों की मदद से पीड़िता को प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र बेलदौर में भर्ती कराया गया, जहां उनका इलाज जारी है। ममता कुमारी ने बेलदौर थाना में आवेदन देकर आरोपियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज करने और अपनी सुरक्षा की मांग की है। पीड़िता ने यह भी बताया कि उनके साथ इस तरह की घटना पहले भी कई बार हो चुकी है। मामले को लेकर पंचायत भी बैठी थी, लेकिन ससुराल पक्ष के व्यवहार में कोई सुधार नहीं आया। उन्होंने आरोप लगाया कि मारपीट उनके चारों बच्चों के सामने की जाती है, जिससे बच्चे भी भयभीत हैं। बेलदौर थाना अध्यक्ष अजीत कुमार ने बताया कि उन्हें आवेदन प्राप्त हो गया है और आगे की कानूनी कार्यवाही की जा रही है।
भाजयुमो ने इंडिया गठबंधन का पुतला दहन किया:नारी शक्ति वंदन विधेयक और पीएम पर बयान को लेकर प्रदर्शन
एमसीबी जिला मुख्यालय मनेन्द्रगढ़ में भारतीय जनता युवा मोर्चा (भाजयुमो) ने कांग्रेस और इंडिया गठबंधन के खिलाफ विरोध प्रदर्शन किया। इस दौरान कार्यकर्ताओं ने कांग्रेस और इंडिया गठबंधन का पुतला दहन कर नारेबाजी की। प्रदर्शन में भाजपा महिला मोर्चा और भाजयुमो के बड़ी संख्या में कार्यकर्ता शामिल रहे। प्रदर्शन का मुख्य कारण नारी शक्ति वंदन विधेयक को लेकर कांग्रेस और इंडिया गठबंधन का कथित विरोध बताया गया। भाजयुमो कार्यकर्ताओं ने आरोप लगाया कि कांग्रेस ने महिला सशक्तिकरण के मुद्दों को गंभीरता से नहीं लिया है, जबकि केंद्र सरकार महिलाओं के सम्मान और अधिकारों के लिए प्रयासरत है। कांग्रेस अध्यक्ष के बयान का विरोध इसी क्रम में, कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे द्वारा प्रधानमंत्री को लेकर दिए गए बयान के विरोध में उनका भी पुतला दहन किया गया। कार्यकर्ताओं ने इस बयान को देश के सर्वोच्च पद का अपमान बताते हुए आपत्ति जताई और कांग्रेस नेतृत्व से सार्वजनिक माफी की मांग की। प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने 'कांग्रेस मुर्दाबाद' और 'इंडिया गठबंधन होश में आओ' जैसे नारे लगाए। वक्ताओं ने कहा कि नारी शक्ति वंदन विधेयक महिलाओं को राजनीतिक भागीदारी में सशक्त बनाने की दिशा में एक ऐतिहासिक कदम है, लेकिन कांग्रेस और उसके सहयोगी दल इस पर राजनीति कर रहे हैं। महिला मोर्चा की पदाधिकारियों ने कांग्रेस पर निशाना साधा कार्यक्रम में मौजूद महिला मोर्चा की पदाधिकारियों ने भी कांग्रेस पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि महिलाओं के सम्मान और सुरक्षा के मुद्दे पर कांग्रेस का रवैया दोहरा रहा है। उन्होंने यह भी कहा कि देश की महिलाएं अब जागरूक हैं और ऐसे मुद्दों पर चुप नहीं बैठेंगी।
स्वरूपगंज थाना क्षेत्र के कालाबोर में गुरुवार को आपसी विवाद के बाद एक पति ने अपनी पत्नी की चाकू मारकर हत्या कर दी। घटना के बाद आरोपी पति मौके से फरार हो गया। सूचना मिलने पर स्वरूपगंज पुलिस मौके पर पहुंची और शव को अस्पताल की मॉर्च्युरी में रखवाया। पुलिस ने फरार पति की तलाश शुरू कर दी है। जानकारी के अनुसार इसरा निवासी सुबाराम का अपनी पत्नी खेतु देवी से मामूली कहासुनी हुई। विवाद बढ़ने पर सुबाराम ने घर में रखा चाकू उठाया और पत्नी पर वार कर दिया। अचानक हुए हमले से खेतु देवी वहीं गिरकर तड़पने लगी और मौके पर ही उसकी मौत हो गई। पत्नी को मृत देखकर सुबाराम घटनास्थल से फरार हो गया। घटना की सूचना मिलते ही स्वरूपगंज थाना अधिकारी गंगा प्रसाद अपनी टीम के साथ मौके पर पहुंचे और जांच शुरू की। पुलिस ने घटनास्थल का मुआयना करने के बाद आसपास के लोगों से जानकारी जुटाई। शव को स्वरूपगंज सरकारी अस्पताल की मॉर्च्युरी में रखवा दिया गया है और मृतका के परिजनों को भी सूचित कर दिया गया है। थानाधिकारी गंगा प्रसाद ने बताया कि हत्या करीब 3 बजे के बाद की गई थी, लेकिन परिजनों ने शाम करीब 6 बजे पुलिस को सूचना दी। उन्होंने बताया कि आरोपी युवक दो-तीन दिन पहले ही ससुराल आया था और यहां किसी बात को लेकर पति-पत्नी में विवाद हो गया, जिसके बाद उसने आक्रोश में आकर चाकू मारा। एक ही चाकू के वार से महिला का पेट फट गया और उसकी आंतें बाहर निकल गईं, जिससे मौके पर ही उसकी मौत हो गई। पुलिस के पहुंचने से पहले ही आरोपी वहां से फरार हो चुका था। मृतका के परिजनों ने पुलिस को बताया कि हत्या के आरोपी सुबाराम की पहली पत्नी से तीन साल का एक बेटा है। सुबाराम और खेतु देवी ने तीन-चार महीने पहले ही प्रेम विवाह किया था।
बरनाला जिले के नगर कौंसिल भदौड़ के सफाई सेवकों ने पिछले तीन-चार महीनों से वेतन न मिलने के विरोध में अनिश्चितकालीन हड़ताल शुरू कर दी है। इस हड़ताल के कारण शहर की स्वच्छता व्यवस्था बुरी तरह प्रभावित हुई है। हड़ताल के चलते नगर कौंसिल के मुख्य द्वार सहित पूरे शहर में कचरे के बड़े-बड़े ढेर लगने शुरू हो गए हैं। इससे राहगीरों व निवासियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। हड़ताल पर बैठे सफाई सेवक जसवीर सिंह, बलवीर सिंह, मोहनलाल, प्रदीप कुमार, संजीव कुमार, मंगल सिंह और रमेश कुमार ने रोष व्यक्त किया। उन्होंने बताया कि नगर कौंसिल प्रशासन की अनदेखी के कारण उन्हें हर बार चार-पांच महीनों तक वेतन के लिए इंतजार करना पड़ता है। वेतन न मिलने से गुजारा मुश्किल सफाई सेवकों ने कहा कि लंबे समय तक वेतन न मिलने से उनके लिए घर का गुजारा चलाना और परिवार का पेट पालना मुश्किल हो गया है। उनके पास राशन खरीदने तक के पैसे नहीं बचते, जिसके कारण उन्हें मजबूरी में काम छोड़कर संघर्ष का रास्ता अपनाना पड़ा है। उन्होंने अधिकारियों पर उनकी समस्याओं पर ध्यान न देने का आरोप लगाया। जल्द वेतन रिलीज करने का आश्वासन इस संबंध में नगर कौंसिल के कार्य साधक अफसर हरप्रीत सिंह ने आश्वासन दिया कि सफाई सेवकों की रुकी हुई तनख्वाहें जल्द ही जारी कर दी जाएंगी। हरप्रीत सिंह ने कहा कि प्रशासन इस मामले को प्राथमिकता के आधार पर हल कर रहा है ताकि शहर निवासियों को गंदगी या किसी अन्य प्रकार की दिक्कत का सामना न करना पड़े।
दुर्ग में नशे के कारोबार पर पुलिस की कार्रवाई:हुक्का, ई-सिगरेट, अवैध शराब जब्त; 4 आरोपी गिरफ्तार
दुर्ग पुलिस ने नशे के अवैध कारोबार के खिलाफ लगातार दूसरे दिन भी बड़ी कार्रवाई की है। इस दौरान हुक्का, इलेक्ट्रॉनिक सिगरेट और अवैध शराब के धंधे पर शिकंजा कसा गया। मोहन नगर और सिटी कोतवाली पुलिस ने कुल 4 आरोपियों को गिरफ्तार किया और एक लाख रुपये से अधिक की प्रतिबंधित सामग्री तथा बड़ी मात्रा में अवैध शराब जब्त की। मोहन नगर थाना पुलिस को मालवीय नगर स्थित जैन मंदिर के सामने एक दुकान में अवैध रूप से हुक्का फ्लेवर और इलेक्ट्रॉनिक सिगरेट की बिक्री की सूचना मिली थी। सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने दुकान पर दबिश दी और तलाशी ली। पुलिस में नशे के खिलाफ कार्रवाई कर के आरोपियों को पकड़ा प्लास्टिक के बोरियों में था नशे का सामान तलाशी के दौरान प्लास्टिक बोरियों में छिपाकर रखे गए 55 पैकेट हुक्का फ्लेवर, 40 इलेक्ट्रॉनिक सिगरेट, 4 पैकेट हुक्का नोजल, 4 पैकेट हुक्का कोल और कुछ नकदी जब्त की गई। जब्त सामग्री की अनुमानित कीमत 1 लाख 2 हजार 100 रुपये आंकी गई है। इस मामले में पुलिस ने राजेश जैन (38) और शैलेश जैन (36) को गिरफ्तार किया। उनके खिलाफ सिगरेट एवं अन्य तंबाकू उत्पाद अधिनियम 2003 और इलेक्ट्रॉनिक सिगरेट प्रतिषेध अधिनियम 2019 के तहत मामला दर्ज किया गया है। दोनों आरोपियों को न्यायालय में पेश कर न्यायिक रिमांड पर भेजा गया। अवैध शराब पर कार्रवाई वहीं, सिटी कोतवाली पुलिस ने नयापारा रोड स्थित आरबीएस बस सर्विस डिपो के पास अवैध शराब बिक्री के खिलाफ कार्रवाई की। मुखबिर की सूचना पर घेराबंदी कर दो अलग-अलग मामलों में राहुल निषाद और प्रकाश निषाद को पकड़ा गया। आरोपी राहुल निषाद के पास से 34 पौवा देशी शराब और नकदी बरामद हुई। दूसरे आरोपी प्रकाश निषाद से 35 पौवा देशी शराब जब्त की गई। कुल 69 पौवा (लगभग 12.420 बल्क लीटर) देशी मदिरा बरामद कर दोनों के खिलाफ आबकारी अधिनियम की धारा 34(2) के तहत मामला दर्ज किया गया है।
कलकत्ता हाईकोर्ट ने बंगाल चुनाव से पहले बाइक की आवाजाही पर पाबंदी लगाने को लेकर ईसी को फटकारा
कलकत्ता हाईकोर्ट ने गुरुवार को पश्चिम बंगाल में विधानसभा चुनाव से पहले मोटरसाइकिलों के इस्तेमाल पर लगाए गए प्रतिबंध के मामले में चुनाव आयोग पर सवाल उठाए। अदालत ने कहा कि इस तरह के प्रतिबंधों से आम नागरिकों के अधिकार प्रभावित हो सकते हैं।
राजस्थान के क्रिकेट प्रेमियों का लंबा इंतजार आखिरकार खत्म हो रहा है। इंडियन प्रीमियर लीग (IPL)-2026 में शानदार प्रदर्शन कर रही राजस्थान रॉयल्स अब अपने होम ग्राउंड जयपुर पहुंच चुकी है। जयपुर के सवाई मानसिंह स्टेडियम में राजस्थान रॉयल्स का इस सीजन का पहला घरेलू मुकाबला सनराइजर्स हैदराबाद के खिलाफ 25 अप्रैल को खेला जाएगा। इस मैच को लेकर शहर में क्रिकेट फैंस के बीच जबरदस्त उत्साह देखने को मिल रहा है। राजस्थान रॉयल्स की टीम लखनऊ से गुरुवार को जयपुर एयरपोर्ट पहुंची। यहां बड़ी संख्या में मौजूद फैंस ने खिलाड़ियों का स्वागत किया। एयरपोर्ट पर टीम की झलक पाने के लिए समर्थकों की भीड़ उमड़ पड़ी। फैंस ने टीम के कप्तान और स्टार खिलाड़ियों के लिए नारे लगाए और राजस्थान रॉयल्स की जर्सी पहनकर समर्थन दिखाया। राजस्थान रॉयल्स अब तक 7 मुकाबले खेल चुकी इस IPL सीजन में राजस्थान रॉयल्स अब तक 7 मुकाबले खेल चुकी है। इनमें से 5 मैचों में टीम ने शानदार जीत दर्ज की है। वहीं 2 मुकाबलों में हार का सामना करना पड़ा। लगातार अच्छे प्रदर्शन की बदौलत राजस्थान रॉयल्स फिलहाल पॉइंट्स टेबल में दूसरे स्थान पर बनी हुई है। टीम का आत्मविश्वास ऊंचा है और अब जयपुर के घरेलू मैदान पर जीत दर्ज कर प्लेऑफ की दिशा में मजबूत कदम बढ़ाने की तैयारी है। सनराइजर्स हैदराबाद टीम ने SMS स्टेडियम में किया अभ्यास जयपुर के सवाई मानसिंह स्टेडियम में राजस्थान रॉयल्स को घरेलू दर्शकों का जबरदस्त समर्थन मिलता रहा है। ऐसे में टीम चाहेगी कि अपने पहले होम ग्राउंड के मैच में जीत हासिल कर फैंस को यादगार तोहफा दिया जाए। टीम मैनेजमेंट भी घरेलू परिस्थितियों का पूरा फायदा उठाने की रणनीति पर काम कर रहा है। दूसरी ओर सनराइजर्स हैदराबाद की टीम ने गुरुवार को सवाई मानसिंह स्टेडियम में अभ्यास किया। टीम के खिलाड़ी नेट्स पर लंबे समय तक पसीना बहाते नजर आए। कप्तान ईशान किशन मैदान पर रनिंग करते हुए अपनी फिटनेस पर फोकस करते दिखे। वहीं सलामी बल्लेबाज अभिषेक शर्मा सहित अन्य बल्लेबाज बड़े शॉट्स लगाने की प्रैक्टिस करते नजर आए। 25 को होगा मैच सनराइजर्स हैदराबाद भी इस मुकाबले को हल्के में लेने के मूड में नहीं है। टीम जयपुर की परिस्थितियों को समझने और मजबूत रणनीति के साथ मैदान में उतरने की तैयारी कर रही है। ऐसे में शनिवार का मुकाबला रोमांचक होने की उम्मीद है। क्रिकेट प्रेमियों की नजरें अब शनिवार के हाई-वोल्टेज मुकाबले पर टिकी हैं, जहां घरेलू समर्थन से उत्साहित राजस्थान रॉयल्स होगी। वहीं दूसरी ओर चुनौती पेश करने के लिए सनराइजर्स हैदराबाद तैयार है। जयपुर का SMS स्टेडियम एक बार फिर IPL के रोमांच का गवाह बनने जा रहा है। यह खबर भी पढ़ें... जयपुर में IPL-मैच के स्टूडेंट्स के टिकट 4-घंटे में बिके:SMS स्टेडियम में 1800 कीमत का टिकट 500 रुपए में मिला; टिकट नहीं मिलने युवाओं ने फाड़े बैनर इंडियन प्रीमियर लीग (IPL) का जयपुर में पहला मैच 25 अप्रैल को होगा। इस बार स्टूडेंट्स के लिए टिकट में खास रियायत करते हुए 1800 रुपए वाले टिकट 500 रुपए में दिया गया। स्टूडेंट्स के लिए रिजर्व रखे सभी टिकट गुरुवार को करीब 4 घंटे में बिक गए। वहीं दोपहर तक टिकट खत्म होने पर जिन युवाओं को टिकट नहीं मिले उन्होंने काउंटर पर लगे बैनर फाड़ दिए। (पूरी खबर पढ़ें)
बांसवाड़ा में 5-5 हजार के 2 इनामी पकड़े:आर्म्स एक्ट में फरार चल रहे थे, एक को गुजरात से पकड़ा
बांसवाड़ा की आनंदपुरी थाना पुलिस ने आर्म्स एक्ट के मामलों में लंबे समय से फरार चल रहे दो इनामी स्थाई वारंटियों को अलग-अलग स्थानों से दबोचा है। पकड़े गए दोनों आरोपियों पर 5-5 हजार रुपए का इनाम घोषित था। केस 1: गुजरात में छिपे बिहार के आरोपी को दबोचा पुलिस ने पहले मामले में आरोपी रोहित कुमार पिता भिखनसिंह भाई निवासी कपड़िया, बिहार को गिरफ्तार किया है। आरोपी रोहित आर्म्स एक्ट के एक मामले में जमानत मिलने के बाद पिछले 2 साल से फरार चल रहा था। पुलिस टीम ने तकनीकी इनपुट के आधार पर दबिश देकर आरोपी को गुजरात से गिरफ्तार करने में सफलता प्राप्त की। केस 2: एक साल से फरार बदामीलाल भी चढ़ा हत्थे दूसरी कार्रवाई में पुलिस ने बदामीलाल पिता शम्भू पारगी निवासी खटवा को गिरफ्तार किया। आरोपी बदामीलाल पिछले 1 साल से आर्म्स एक्ट के मामले में फरार चल रहा था। इस पर भी पुलिस ने 5 हजार रुपये का इनाम रखा था। इस कार्रवाई में कॉन्स्टेबल विमल की विशेष भूमिका रही। कार्रवाई में शामिल टीम पुलिस टीम का गठनपुलिस अधीक्षक सुधीर जोशी के निर्देशानुसार और एएसपी नरपत सिंह भाटी के सुपरविजन में थानाधिकारी कपिल पाटीदार के नेतृत्व में विशेष टीमों का गठन किया गया था। रोहित की गिरफ्तारी में कांस्टेबल जितेंद्र, संजय और सुशील शामिल रहे। बदामीलाल की गिरफ्तारी में कांस्टेबल विमल और जितेंद्र शामिल रहे।
दुर्ग जिले की सुपेला पुलिस ने गुरुवार को दो बड़ी कार्रवाई की। एक ओर खुद को 'पुलिस' बताकर सड़क पर रौब झाड़ रहे थार चालक को गिरफ्तार किया गया, वहीं दूसरी ओर लंबे समय से फरार 6 स्थायी वारंटियों को भी दबोचकर न्यायालय में पेश किया गया। स्मृति नगर चौकी क्षेत्र के जुनवानी चौक पर पुलिस को सूचना मिली थी कि एक ब्लैक थार चालक वाहन पर अवैध रूप से पुलिस मोनो और बोर्ड लगाकर तेज रफ्तार में खतरनाक तरीके से गाड़ी चला रहा है। उसकी ड्राइविंग से आम लोगों की जान जोखिम में पड़ रही थी और सड़क पर दहशत का माहौल बन गया था। सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची और घेराबंदी कर वाहन को रोका। जांच में वाहन पर लगे पुलिस मोनो और बोर्ड अवैध पाए गए। पुलिस ने चालक समीर वर्मा (23) निवासी आर्य नगर कोहका को गिरफ्तार कर लिया। आरोपी के खिलाफ केस दर्ज आरोपी समीर वर्मा के खिलाफ अपराध क्रमांक 555/2026 के तहत धारा 281 बीएनएस और मोटर व्हीकल एक्ट की धारा 184 के तहत मामला दर्ज किया गया है। प्राथमिक जांच में सामने आया कि आरोपी अवैध रूप से पुलिस चिन्ह का इस्तेमाल कर प्रभाव जमाने और लोगों में भ्रम पैदा करने की कोशिश कर रहा था। पुलिस ने घटना में इस्तेमाल ब्लैक थार वाहन क्रमांक CG 07 CP 8800 जब्त कर लिया है। मामले में आगे की जांच जारी है। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि सड़क पर इस तरह की लापरवाही न केवल कानून का उल्लंघन है, बल्कि आमजन की जान से खिलवाड़ भी है। विशेष अभियान के तहत ऐसे मामलों पर सख्ती जारी रहेगी। पुलिस ने 6 स्थायी वारंटियों को पकड़ा इसी दिन सुपेला पुलिस ने एक और बड़ी कार्रवाई करते हुए लंबे समय से फरार 6 स्थायी वारंटियों को गिरफ्तार किया। उच्च अधिकारियों के निर्देश पर चलाए जा रहे अभियान के तहत मुखबिर सूचना और निगरानी के आधार पर यह कार्रवाई की गई। सभी आरोपी सुपेला के विभिन्न क्षेत्रों से थे।
फतेहाबाद जिले के टोहाना के सिंबल रोड पर जिला नगर योजनाकार विभाग की टीम ने अवैध निर्माण पर कार्रवाई करते हुए उसे ध्वस्त कर दिया। इस दौरान ड्यूटी मजिस्ट्रेट जन स्वास्थ्य विभाग के एसडीओ रामरखा पुलिस बल के साथ मौके पर मौजूद रहे ताकि किसी भी विरोध को रोका जा सके। विभाग द्वारा यह कार्रवाई जिला नगर योजनाकार अधिकारी राज कीर्ति के नेतृत्व में की गई। टीम में जेई संदीप कुमार, जेई अंकित बिश्नोई और एनफोर्समेंट ब्यूरो से एफआई पुष्पा और कर्मवीर भी शामिल थे। अधिकारी बोले- अवैध कॉलोनियों में प्लॉट न खरीदें जिला नगर योजनाकार अधिकारी ने बताया कि टोहाना में सिंबल रोड पर लगातार अवैध निर्माण की शिकायतें मिल रही थीं। उन्होंने स्पष्ट किया कि अवैध निर्माण को किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और ऐसे मामलों में सख्त कार्रवाई की जाएगी। अधिकारी ने आम जनता से भी अपील की कि वे अवैध कॉलोनियों में प्लॉट न खरीदें, क्योंकि इससे धोखाधड़ी हो सकती है। यह पहली बार नहीं है जब विभाग ने ऐसी कार्रवाई की है। इससे पहले भी टोहाना शहर के डांगरा रोड, हिसार रोड, रतिया रोड और भूना रोड पर अवैध निर्माण गिराए जा चुके हैं। हालांकि, इन कार्रवाइयों के बावजूद अवैध कॉलोनियां काटने वाले लोग टोहाना में सक्रिय बने हुए हैं। बस स्टैंड के शुभारंभ के बाद से बनी अवैध कॉलोनियां शहर निवासी अमन, विनोद और कमलजीत ने कहा कि हिसार रोड को रतिया रोड से जोड़ने वाले बाईपास पर बस स्टैंड के शुभारंभ के बाद से अवैध कॉलोनियों का जाल तेजी से फैला है। उन्होंने प्रशासन से ऐसे लोगों के खिलाफ लगातार अभियान चलाकर ठोस कार्रवाई करने और प्राथमिकी दर्ज करने की मांग की।
डायरेक्टोरेट ऑफ रेवेन्यू इंटेलिजेंस (DRI) की मुजफ्फरपुर टीम ने कार्रवाई करते हुए मादक पदार्थ तस्करी के एक नेटवर्क का पर्दाफाश किया है। टीम ने गुप्त सूचना के आधार पर 281 किलोग्राम गांजे की खेप जब्त की है, जिसकी बाजार कीमत करीब डेढ़ करोड़ रुपये आंकी गई है। यह खेप ओडिशा से बिहार के रास्ते उत्तर प्रदेश भेजी जा रही थी। तस्करों ने जांच से बचने के लिए गांजे को ट्रक में लौह अयस्क (आयरन ओर) के नीचे छिपा रखा था। कार्रवाई गया जीटी रोड के पास की गई, जहां DRI टीम ने ट्रक को रोककर तलाशी ली और भारी मात्रा में मादक पदार्थ बरामद किया। जम्मू-कश्मीर का चालक गिरफ्तार इस कार्रवाई के दौरान ट्रक चालक मोहम्मद जावेद इकबाल (37), निवासी कठुआ, जम्मू-कश्मीर को गिरफ्तार किया गया है। पूछताछ में उसने बताया कि वह हरियाणा से ट्रक लेकर निकला था और ओडिशा के बोलांगीर से गांजे की खेप लोड कर उत्तर प्रदेश के बनारस ले जा रहा था, जहां इसे एक तस्कर को सौंपना था। बोरियों में छिपाकर की जा रही थी तस्करी DRI अधिकारियों के अनुसार, गांजे को बोरियों में भरकर ट्रक में नीचे रखा गया था और उसके ऊपर लौह अयस्क लोड कर दिया गया था, ताकि किसी को शक न हो। लेकिन सटीक सूचना के आधार पर टीम ने कार्रवाई करते हुए पूरे नेटवर्क की साजिश को नाकाम कर दिया। नेटवर्क खंगालने में जुटी टीम अधिकारियों ने बताया कि इस मामले में आगे की जांच जारी है और यह पता लगाया जा रहा है कि इस तस्करी नेटवर्क से और कौन-कौन लोग जुड़े हैं। गिरफ्तार चालक को पूछताछ के बाद जेल भेज दिया गया है।
इंदौर के महू के समीप स्थित ऐतिहासिक जानापाव की पहाड़ी पर गुरुवार रात करीब 7:30 बजे भीषण आग लग गई। सूखी झाड़ियों के कारण आग ने तेजी से विकराल रूप ले लिया, जिससे पूरे पहाड़ी क्षेत्र में धुएं का गुबार छा गया। सूचना मिलते ही वन विभाग का अमला मौके पर पहुंचा और आग पर काबू पाने के प्रयास शुरू किए। हवा और भौगोलिक स्थिति से बचाव कार्य में बाधा रेंजर आरएस चौहान के अनुसार, पहाड़ी क्षेत्र और दुर्गम रास्ता होने के कारण दमकल उपकरणों को ले जाने में कठिनाई हो रही है। सूखी झाड़ियों और घास की अधिकता से आग तेजी से फैल रही है। वन विभाग के कर्मचारी मैन्युअल तरीके और अन्य संसाधनों से लपटों को रोकने की कोशिश कर रहे हैं ताकि आग रिहायशी इलाकों की ओर न बढ़े। आग लगने के कारणों की जांच शुरू फिलहाल आग लगने के कारणों का खुलासा नहीं हो सका है। वन विभाग के अधिकारी मौके पर मौजूद हैं और स्थिति पर निरंतर नजर बनाए हुए हैं। प्रशासन ने सुरक्षा की दृष्टि से स्थानीय लोगों से सतर्क रहने की अपील की है। आग पूरी तरह बुझने के बाद ही वन संपदा को हुए नुकसान का सही आकलन हो सकेगा।
उज्जैन में राहुल गांधी का पुतला फूंका:नारी शक्ति वंदन अधिनियम पर भाजपा महिला मोर्चा की आक्रोश रैली
उज्जैन में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) महिला मोर्चा और युवा मोर्चा ने नारी शक्ति वंदन अधिनियम के विरोधियों के खिलाफ गुरुवार देर शाम आक्रोश रैली निकाली। यह रैली छत्री चौक से गोपाल मंदिर तक निकाली गई, जिसके समापन पर राहुल गांधी का पुतला दहन किया गया। बड़ी संख्या में महिलाओं ने इस प्रदर्शन में अपनी उपस्थिति दर्ज कराई। नारी शक्ति वंदन अधिनियम को लेकर देशभर में राजनीतिक चर्चाएं जारी हैं। इसी क्रम में उज्जैन में भी भाजपा महिला मोर्चा के नेतृत्व में एक बड़ी आक्रोश रैली का आयोजन किया गया। इस रैली में महिला मोर्चा के साथ भाजपा युवा मोर्चा और बड़ी संख्या में पार्टी कार्यकर्ता शामिल हुए। रैली छत्री चौक से शुरू होकर गोपाल मंदिर तक पहुंची। प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने कांग्रेस और अन्य विपक्षी दलों के खिलाफ नारेबाजी की। महिलाएं काली पट्टी बांधे हुए और हाथों में तख्तियां लिए विरोध दर्ज करा रही थीं। गोपाल मंदिर परिसर में रैली के समापन के बाद राहुल गांधी का पुतला दहन किया गया। इस अवसर पर नगर महापौर मुकेश टटवाल सहित कई भाजपा पदाधिकारी उपस्थित थे। सभापति कलावती यादव ने अपने संबोधन में कहा कि नारी शक्ति वंदन अधिनियम महिलाओं के सम्मान और सुरक्षा को मजबूत करने वाला एक ऐतिहासिक कदम है। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व की सराहना करते हुए बताया कि केंद्र सरकार महिला सशक्तिकरण की दिशा में निरंतर कार्य कर रही है। कलावती यादव ने यह भी बताया कि मुख्यमंत्री मोहन यादव इस मुद्दे पर जनता के बीच अपनी बात रखने के लिए एक विशेष सत्र बुलाएंगे। इसके अतिरिक्त, उज्जैन नगर निगम में भी जल्द ही एक विशेष बैठक आयोजित कर निंदा प्रस्ताव पारित किया जाएगा।
पंजाब सरकार की तरफ से शुरू की गई मुख्यमंत्री मावां-धीयां सत्कार स्कीम के खिलाफ पंजाब एंड हरियाणा हाईकोर्ट के एडवोकेट एचसी अरोड़ा ने मुख्य सचिव को पत्र भेजा है। उन्होंने पत्र में मांग की है कि यदि एक सप्ताह के भीतर योजना को वापस नहीं लिया गया या संपन्न वर्गों को इससे बाहर नहीं किया गया, तो वे हाईकोर्ट में जनहित याचिका (PIL) दायर करेंगे। इसकी जिम्मेदारी सरकार की होगी। योजना के तहत पंजाब की 18 साल से ऊपर की सामान्य वर्ग की महिलाओं को 1000 रुपये और अनुसूचित जाति की महिलाओं को 1500 रुपये देने का प्रावधान है। योजना के लिए रजिस्ट्रेशन शुरू हो गया है और जुलाई से यह राशि महिलाओं के खातों में जाएगी। एचसी अरोड़ा द्वारा लिखे पत्र को पांच प्वाइंटों में जानिए 1. चुनावों पर प्रभाव पड़ेगाएडवोकेट का तर्क है कि पंजाब विधानसभा चुनाव नजदीक हैं (सितंबर 2026 के बाद कभी भी घोषित हो सकते हैं)। ऐसे समय में यह योजना लागू करना सत्तारूढ़ दल द्वारा मतदाताओं को लुभाने के लिए मुफ्त उपहार या रिश्वत के समान है, जो निष्पक्ष चुनाव के खिलाफ है। 2. हाईकोर्ट के फैसले का उल्लंघनपत्र में पंजाब और हरियाणा उच्च न्यायालय के एक फैसले (30.03.2026) का हवाला दिया गया है, जिसमें कहा गया था कि कल्याणकारी योजनाओं का लाभ केवल उन लोगों को मिलना चाहिए जो आर्थिक रूप से बहुत कमजोर हैं। 3.अमीर वर्गों को लाभपत्र में आपत्ति जताई गई है कि इस योजना के तहत आयकरदाताओं, सरकारी कर्मचारियों और यहां तक कि सांसदों (MPs) व विधायकों (MLAs) की बेटियों और पत्नियों को भी वित्तीय सहायता का पात्र बनाया गया है, जबकि उनके पास पर्याप्त आय है। 4. हितों का टकराव यह तर्क दिया गया है कि मंत्रिपरिषद या विधानसभा अपने ही सदस्यों (विधायकों/मंत्रियों) की बेटियों को वित्तीय लाभ देने का प्रस्ताव पारित नहीं कर सकती, क्योंकि यह हितों के टकराव का मामला है और संवैधानिक प्रावधानों के विरुद्ध है। 5. कानूनी कार्रवाई की चेतावनीयदि इस योजना को एक सप्ताह के भीतर वापस नहीं लिया गया या संपन्न वर्गों को इससे बाहर नहीं किया गया, तो एडवोकेट ने हाईकोर्ट में जनहित याचिका (PIL) दायर करने की चेतावनी दी है।
मोगा जिले के थाना धर्मकोट के अधीन आने वाले गांव फतेहगढ़ कोरोताना में एक नाबालिग मजदूर की सांप के डंसने से मौत हो गई। मृतक की पहचान 17 वर्षीय दुर्गेश कुमार के रूप में हुई है, जो अपने परिवार के पालन-पोषण के लिए ईंट भट्ठे पर मजदूरी करता था। जानकारी के अनुसार, दुर्गेश कुमार को लगभग दो महीने पहले सांप ने डस लिया था। घटना के बाद परिवार ने उसका इलाज डॉक्टर से कराने के बजाय झाड़-फूंक के जरिए करवाना शुरू कर दिया। कुछ समय तक उसकी हालत सामान्य प्रतीत होती रही, लेकिन अचानक उसकी तबीयत बिगड़ने लगी। बीते दिन जब दुर्गेश की हालत गंभीर हो गई, तो परिजन उसे तुरंत मेडिकल कॉलेज फरीदकोट ले गए। डॉक्टरों ने उसे बचाने का हर संभव प्रयास किया, लेकिन इलाज के दौरान उसने दम तोड़ दिया। इस संबंध में सहायक थानेदार हरप्रीत शर्मा ने बताया कि मृतक के पिता उमेश पाल के बयानों के आधार पर धारा 174 के तहत कार्रवाई की गई है। पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया।

