जैसा मेरे साथ हुआ है, वैसा उन लोगों के साथ भी होना चाहिए। मेरी बच्ची अब क्या करेगी, बताओ? मेरे बेकसूर पति को मारा गया है…ऐसे ही उन लोगों की पिटाई करनी चाहिए। उन लोगों को तड़पा-तड़पाकर मारना चाहिए।…ये दर्द है कंप्यूटर ऑपरेटर सौरभ विश्वकर्मा की पत्नी आंचल का। प्रतापगढ़ में 13 अगस्त (गुरुवार) को सौरभ की पीट-पीटकर हत्या कर दी गई। आरोप पूर्व ब्लॉक प्रमुख और उनके भाइयों और बेटों पर है। आर्केस्ट्रा में हुए झगड़े और राशन कार्ड को लेकर रंजिश थी। बेटे की मौत के बाद मां बेहोश हो गईं। परिवार आरोपियों के एनकाउंटर की मांग कर रहा है। मामला जिला मुख्यालय से 15 किमी दूर लीलापुर थाना क्षेत्र का है। 2 तस्वीरें देखिए… पहले मामला पढ़िए… डांडी सिंधोरा गांव के रहने वाले सौरभ विश्वकर्मा (32) पूर्ति विभाग में कंप्यूटर ऑपरेटर के पद पर 5 साल से काम कर रहे थे। वह तीन भाइयों में सबसे छोटे थे। गुरुवार (13 अगस्त) शाम 7 बजे वह ऑफिस से घर लौट रहे थे, तभी घात लगाकर बैठे आरोपियों ने लाठी-डंडे, सरिया और रिवॉल्वर की बट से बुरी तरह पीटा। पिटाई के बाद मरा समझकर आरोपी उन्हें छोड़कर फरार हो गए। आसपास के लोगों की सूचना पर पहुंचे परिजन उन्हें अस्पताल ले गए। डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। मरने से पहले सौरभ ने पूर्व ब्लॉक प्रमुख समेत 6 हमलावरों के नाम बताए। इसका वीडियो भी सामने आया है। सौरभ की एक साल पहले शादी हुई थी। उनकी चार महीने की बेटी है। पति की लाश देखकर पत्नी आंचल फूट-फूटकर रोईं। पिता बोले- पहले घर पर चढ़ाई करके फायरिंग की थी सौरभ के पिता मोतीलाल ने बताया कि मेरे तीन बेटे थे। सबसे बड़ा बेटा सुशील मुंबई में टैक्सी चलाता है। दूसरा बेटा शिशिर अहमदाबाद में ट्रक चलाता है। सौरभ सबसे छोटा था। सौरभ 5 साल से संविदा पर सप्लाई ऑफिस में नौकरी कर रहा था। सौरभ की शादी 7 मई, 2025 को आंचल के साथ हुई। 4 महीने पहले सौरभ और आंचल की एक बेटी हुई। बच्ची के जन्म के 7 दिन बाद हमने गांव में एक कार्यक्रम रखा था। इसमें गांव और आसपास के 2-3 गांव से लोग बुलाए थे। रात में आर्केस्ट्रा का प्रोग्राम था। पूर्व ब्लॉक प्रमुख संजय तिवारी और उनके परिवार को भी निमंत्रण दिया गया था। रात में स्टेज पर चढ़ने को लेकर ब्लॉक प्रमुख परिवार से हमारे परिवार का झगड़ा हो गया। उस समय गांव के लोगों ने बीच-बचाव करके मामला शांत करा दिया था। लेकिन, तभी से लोग रंजिश मानने लगे थे। कुछ दिन बाद हमारे घर पर 6-7 राउंड फायरिंग की गई और जान से मारने की धमकी देकर गए थे। राशन कार्ड में नाम चढ़वाने के लिए झगड़ा हुआ पिता मोतीलाल ने बताया कि पूर्व ब्लॉक प्रमुख संजय तिवारी के भाई सोनू तिवारी के नाम पर गांव का राशन कोटा है। राशन कार्ड में नाम बढ़वाने और कटवाने के लिए उसका सप्लाई ऑफिस में आना-जाना था। पिछले कुछ समय से नाम बढ़ाने-काटने का काम बंद चल रहा है। सोनू तिवारी को लग रहा था कि मेरा बेटा सौरभ जान-बूझकर काम टाल रहा है। इसको लेकर भी ये लोग रंजिश मान रहे थे। हत्या की साजिश संजय और उसके भाई अशोक ने पहले ही कर ली थी। गुरुवार शाम जब सौरभ सप्लाई ऑफिस से लौट रहा था तो इन लोगों ने उसे रोककर पीटा। इन्हें जब लगा कि बेटा मर गया है तो छोड़कर फरार हो गए। इनका परिवार दबंग है, इसलिए हमें सुरक्षा दी जाए। आरोपियों का एनकाउंटर किया जाए। मां को संभालते हुए विधायक भावुक हुए सौरभ की मौत के बाद पत्नी आंचल और मां हीरावती का रो-रोकर बुरा हाल है। मां बार-बार हाथ जोड़कर लोगों से बेटे को वापस लाने की गुहार लगा रही हैं। पत्नी आंचल अपनी 4 महीने की मासूम बेटी को गोद में लेकर शव से लिपटकर रोती रही। सपा विधायक आरके वर्मा ने सौरभ की मां को संभाला। इस दौरान वह भी भावुक हो गए। उन्होंने कहा कि आरोपियों की तीन पीढ़ियां सजा भुगतेंगी। आंचल के पिता सज्जन विश्वकर्मा ने कहा कि घटना में शामिल सभी आरोपियों को गिरफ्तार किया जाए। उनके घरों पर बुलडोजर चलाया जाए। सौरभ की पत्नी को सरकारी नौकरी दी जाए। उनकी 4-5 महीने की बेटी को सरकार आर्थिक मदद दे। निर्दलीय चुनाव लड़कर ब्लॉक प्रमुख बना था आरोपी संजय तिवारी साल 2013 में लक्ष्मणपुर ब्लॉक से निर्दलीय चुनाव लड़ा था। इसमें उसकी जीत हुई थी। संजय तिवारी 4 भाई हैं। एक भाई सोनू के नाम पर सिंधोरा गांव का कोटा है। दूसरा भाई दरोगा उर्फ विपिन तिवारी अपनी जेसीबी चलवाता है। तीसरा भाई अशोक तिवारी गांव में खेती करवाता है। वहीं संजय का बेटा सौरभ तिवारी ईंट-भट्ठा चलवाता है। इन सभी के खिलाफ 302 में केस दर्ज किया गया है। पुलिस हिरासत में हंसता दिखाई दिया आरोपी दरोगा उर्फ विपिन तिवारी को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। विपिन ने अपने कुबूलनामे में बताया कि मैंने अपने साथियों के साथ मिलकर लाठी-डंडे और सरिया से सौरभ को पीटा था। उसके बेहोश होकर गिरने पर हम लोग फरार हो गए थे। दरोगा तिवारी का पहले भी आपराधिक इतिहास रहा है। उस पर गंभीर धाराओं में 3 केस दर्ज हैं। गिरफ्तारी के बाद भी उसके चेहरे पर कोई शिकन नहीं दिखी। हंसते हुए वह पुलिस की गाड़ी में बैठा और चला गया। एसपी दीपक भूकर ने बताया कि- 6 नामजद और 6 अज्ञात लोगों के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज किया गया है। एक आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया। बाकी के लिए भी टीम गठित कर दी गई है, जल्द सभी की गिरफ्तारी होगी। -------------- यह खबर भी पढ़ें… प्रतापगढ़ में कंप्यूटर ऑपरेटर को पीटकर मार डाला:मरने से पहले वीडियो में हमलावरों के नाम बताए; पूर्व ब्लॉक प्रमुख समेत 6 पर FIR प्रतापगढ़ में पूर्ति विभाग के कंप्यूटर ऑपरेटर की पीट-पीटकर हत्या कर दी गई। गुरुवार शाम 7 बजे वह ऑफिस से घर लौट रहे थे, तभी घात लगाकर बैठे आरोपियों ने लाठी-डंडे, सरिया और रिवॉल्वर की बट से बुरी तरह पीटा। पिटाई के बाद मरा समझकर आरोपी उसे छोड़कर फरार हो गए। मरने से पहले कंप्यूटर ऑपरेटर ने पूर्व ब्लॉक प्रमुख समेत 6 हमलावरों के नाम बताए। इसका वीडियो भी सामने आया है। पढ़ें पूरी खबर…
15 अगस्त पर मेट्रो ने बदला टाइमिंग, भोर से ही ट्रेनें दौड़ीं; आज यात्रियों को मिल रहा फ्री सफर
दिल्ली मेट्रो ने स्वतंत्रता दिवस पर लाल किला समारोह में जाने वाले यात्रियों के लिए सुबह 4 बजे से सेवा शुरू की है। यात्रियों को लाल किला तक की यात्रा निःशुल्क मिलेगी, जिसके लिए मेट्रो स्टेशनों पर पास जारी किए जा रहे हैं।
गोरखपुर में डॉ. परमात्मा सिंह ने अपार्टमेंट की 8वीं मंजिल से कूदकर जान दे दी। घटना 13 अगस्त सुबह करीब 9:13 बजे राजेंद्र नगर के बसंत इंक्लेव अपार्टमेंट की है। सुसाइड से पहले डॉक्टर ने फेसबुक से अपनी बर्थडे की पोस्ट भी डिलीट की थीं। घटना के बाद से अपार्टमेंट में सन्नाटा पसरा है। शुक्रवार को कई लोग पार्क में टहलने तक नहीं निकले। बच्चे भी घरों में ही रहे। अपार्टमेंट में रहने वाले लोगों का कहना है कि यह एक दिन में लिया गया फैसला नहीं है। परमात्मा सिंह पिछले 15-20 दिनों से काफी परेशान चल रहे थे। अपार्टमेंट के लोगों ने उन्हें कई बार बाहर सड़क किनारे चुपचाप बैठे देखा। एक दिन सड़क पर गिट्टियां तोड़ते दिखे। लोगों ने वजह पूछी तो बिना कुछ बताए वहां से चले गए। उनके व्यवहार में भी अजीब सा बदलाव आ गया था। ठग गरिमा सिंह ने लोन दिलाने के नाम पर डॉक्टर से 1.40 करोड़ रुपए की ठगी की थी। इसके बाद से वह सदमे में थे। घर पर लगातार बैंक से लोन की किस्त जमा करने का दबाव भी था। उनकी सैलरी करीब सवा लाख रुपए थी, जबकि हर महीने 3 लाख रुपए से ज्यादा की किस्त देनी थी। किस्त समय पर जमा नहीं होने से अतिरिक्त चार्ज भी बढ़ रहा था। इसके चलते कई बैंकों के कर्मचारी और अधिकारी लगातार फोन कर रहे थे। फेसबुक से भी कई पोस्ट डिलीट कीं डॉ. परमात्मा सिंह मूल रूप से मऊ जिले के मुहम्मदाबाद बरबोझी के रहने वाले थे। 31 मई, 2010 को उनकी शादी डॉ. सुमित्रा सिंह से हुई थी। परमात्मा सिंह महराजगंज के नौतनवां और सुमित्रा सिंह सिसवा ब्लॉक में पशु चिकित्सक हैं। बच्चों की पढ़ाई के लिए परिवार गोरखपुर के राजेंद्र नगर स्थित बसंत इंक्लेव में किराए के फ्लैट में रहने लगा। करीब 10 साल पहले उन्होंने इसी अपार्टमेंट में 2 BHK फ्लैट भी खरीदा था। डॉ. परमात्मा ने फेसबुक अकाउंट बना रखा था। उनके अकाउंट पर 388 फ्रेंड और 114 पोस्ट थीं। लेकिन, 25 दिसंबर, 2025 की कुछ पोस्ट डिलीट कर दी थीं। इन पोस्ट पर उन्हें जन्मदिन की कई शुभकामनाएं मिली थीं। बताया जा रहा है कि डॉ. परमात्मा ने अपनी मौत के लिए लोन के नाम पर ठगी करने वाली गरिमा सिंह और उसके गिरोह को जिम्मेदार ठहराया है। डॉक्टर ने आत्महत्या से पहले एक कागज पर अपनी मौत का जिम्मेदार ठग गरिमा सिंह और उसके गिरोह को बताया था। गोरखनाथ पुलिस ने FIR दर्ज कर शुरू की जांच डॉ. परमात्मा के पोस्टमॉर्टम के बाद परिवार के लोग शव लेकर गुरुवार को मऊ चले गए थे। शुक्रवार को उनका अंतिम संस्कार किया गया। डॉक्टर की मौत के बाद परिवार में मातम पसरा है। पुलिस अब सुसाइड के कारणों और डॉक्टर पर पड़े दबाव की कड़ियों को जोड़ने में जुटी है। डॉक्टर की मौत के मामले में उनके चचेरे भाई दिलीप सिंह की शिकायत पर गोरखनाथ पुलिस ने गुरुवार रात गरिमा सिंह समेत अन्य आरोपियों के खिलाफ FIR दर्ज की। पुलिस सुसाइड से पहले के घटनाक्रम, आरोपियों से डॉक्टर के संपर्क और आर्थिक लेनदेन की जांच कर रही है। पुलिस के पास डॉक्टर का सुसाइड नोट भी है। इसमें उन्होंने अपनी मौत के लिए गरिमा सिंह और उसके गिरोह को जिम्मेदार बताया है। गरिमा सिंह के खिलाफ पहले से दर्ज हैं कई शिकायतें लोन के नाम पर जालसाजी करने वाली गरिमा सिंह के खिलाफ डॉ. परमात्मा ने 5 अगस्त को एम्स थाने में केस दर्ज कराया था। इसके अलावा तीन अन्य लोगों ने भी गरिमा पर इसी तरह की जालसाजी के आरोप में एम्स और सहजनवां थाने में केस दर्ज कराया है। गरिमा के खिलाफ छह और शिकायतें भी पुलिस को मिली हैं। SSP ने सभी शिकायतों की अलग-अलग जांच के आदेश दिए हैं। जांच में जालसाजी की पुष्टि होने पर गरिमा और उसके गिरोह के खिलाफ अलग से FIR दर्ज की जाएगी। पुलिस सूत्रों के मुताबिक, गरिमा सिंह ने सिर्फ गोरखपुर में ही ठगी का नेटवर्क नहीं बनाया था। कुशीनगर समेत अन्य जिलों में भी उसके खिलाफ शिकायतें सामने आई हैं। संबंधित जिलों की पुलिस शिकायतों की जांच कर कार्रवाई की तैयारी कर रही है। अब जानिए कैसे ठगी के जाल में फंसे डॉ. परमात्मा फरवरी 2026 में सहकर्मी डॉ. दिलीप कुमार सिंह की दूर की रिश्तेदार गरिमा सिंह और उसके शिक्षक पति भानू प्रताप सिंह ने डॉ. परमात्मा से संपर्क किया। गरिमा ने खुद को एक फाइनेंस कंपनी से जुड़ा बताया और कहा कि एक योजना के तहत उनका चल रहा होम लोन बंद कराया जा सकता है। इसके लिए नया पर्सनल लोन लेने और उसकी रकम उसे देने की बात कही। गरिमा ने भरोसा दिलाया कि नए लोन की किस्त वह खुद चुकाएगी। होम लोन बंद कराने का झांसा देकर उसने डॉ. परमात्मा के नाम पर छह बैंकों से लोन कराया। इसके बाद OTP लेकर लोन की रकम अलग-अलग खातों में ट्रांसफर करा ली। गरिमा ने शुरुआत में दो किस्तें जमा कीं, लेकिन बाद में भुगतान बंद कर दिया। इसके बाद बैंक की किस्तों का दबाव डॉ. परमात्मा पर बढ़ता गया। गरिमा ने उन्हें और उनके परिवार को जान से मारने की धमकी भी दी। ----------------------- ये खबर भी पढ़िए- डॉक्टर के 8वीं मंजिल से कूदकर सुसाइड करने का CCTV: लिखा- मौत की जिम्मेदार ठग गरिमा; गोरखपुर में बेटी बोली- पापा लौट आओ मेरी मौत की जिम्मेदार गरिमा सिंह और उसका गिरोह है…गुरुवार सुबह यह लाइन एक कागज पर लिखकर डॉ. परमात्मा सिंह ने सुसाइड कर लिया। वह सुबह 9:10 बजे अपने फ्लैट से निकले। सुसाइड नोट को पैंट की दाएं जेब में डाला और तेजी से पहले नीचे पार्क में गए। करीब 9:13 बजे पार्क से बेसमेंट की तरफ गए, वहां से लिफ्ट से 8वीं मंजिल पर पहुंचे। फिर सीढ़ियों के सहारे छत पर गए। पढ़ें पूरी खबर…
चलती ट्रेन में अचानक प्रसव पीड़ा शुरू हुई। कुछ ही देर में सहयात्री महिलाओं ने मदद के लिए मोर्चा संभाल लिया। ट्रेन हटिया पहुंचती, उससे पहले ही चलती ट्रेन में एक बच्ची का जन्म हो गया। कुछ पल पहले तक जिस कोच में प्रसव पीड़ा को लेकर बेचैनी थी, वहीं नवजात की किलकारी गूंज उठी। यात्रियों के चेहरों पर चिंता की जगह खुशी और राहत दिखाई देने लगी। यह घटना 13 अगस्त को अल्लापुझा-धनबाद एक्सप्रेस में हुई। लोहरदगा की रहनेवाली 24 वर्षीय पुनिता कुमारी पलक्कड (केरल) से रांची आ रही थीं। बी-4 कोच की सीट नंबर-18 पर सफर के दौरान बकसपुर स्टेशन (रांची) के पास उन्हें अचानक प्रसव पीड़ा शुरू हो गई। ट्रेन में मौजूद टीटी एस. मंडल ने इसकी सूचना तुरंत रेलवे को दी। इसके बाद रांची मंडल के वाणिज्यिक नियंत्रण कक्ष ने हटिया स्टेशन पर मेडिकल टीम तैयार कर दी। लेकिन हटिया पहुंचने से पहले ही गोविंदपुर और हटिया के बीच चलती ट्रेन में पुनिता ने सहयात्री महिलाओं की मदद से एक स्वस्थ बच्ची को जन्म दिया। सुबह करीब 7.52 बजे ट्रेन हटिया स्टेशन पहुंची। वहां पहले से तैयार रेलवे की मेडिकल टीम ने मां और नवजात की जांच की। डॉक्टरों ने दोनों की स्थिति स्थिर और संतोषजनक बताई। मां और बच्ची को सुरक्षित उतारने और जरूरी चिकित्सा सहायता देने के लिए ट्रेन को सुबह 7.52 बजे से 8.13 बजे तक कुल 21 मिनट हटिया स्टेशन पर रोका गया। इस ट्रेन का हटिया में निर्धारित ठहराव सिर्फ 5 मिनट है। यानी मां-बच्ची की देखभाल के लिए ट्रेन निर्धारित समय से 16 मिनट अधिक रुकी। यात्रियों के चेहरों पर बेचैनी ... फिर छाई मुस्कुराहट कुछ देर पहले तक कोच में प्रसव पीड़ा को लेकर बेचैनी थी। बच्ची के जन्म के बाद वही कोच नवजात की किलकारी से गूंज उठा। सहयात्री महिलाओं की मदद से प्रसव होने के बाद यात्रियों ने राहत की सांस ली। मां और बच्ची की हालत ठीक मिलने के बाद माहौल और खुशनुमा हो गया। चलती ट्रेन में जन्मी यह बच्ची वहां मौजूद यात्रियों के लिए सफर की ऐसी याद बन गई, जिसे वे लंबे समय तक नहीं भूलेंगे। स्वतंत्रता दिवस की पूर्व संध्या पर एक नई जिंदगी के दुनिया में आने की यह कहानी ट्रेन के यात्रियों के लिए खास बन गई। ट्रेन में तबीयत बिगड़े तो 139 पर मांगें मदद रांची रेल मंडल की सीनियर डीसीएम श्रेया सिंह ने बताया कि चलती ट्रेन में किसी यात्री की तबीयत अचानक बिगड़ जाए तो घबराने की जरूरत नहीं है। तुरंत रेलवे से मेडिकल सहायता मांगी जा सकती है। इसके लिए 139 पर संपर्क कर ट्रेन नंबर, कोच और सीट नंबर के साथ मरीज की स्थिति और ट्रेन की वर्तमान लोकेशन बतानी चाहिए। यात्री रेल मदद ऐप के जरिए भी सहायता मांग सकते हैं। इसके अलावा टीटीई या ट्रेन में मौजूद रेलवे स्टाफ को तुरंत सूचना देनी चाहिए। यह बताना भी उपयोगी होगा कि ट्रेन किस अगले स्टेशन पर पहुंचने वाली है। इससे रेलवे वहां जरूरत के अनुसार मेडिकल टीम या दूसरी जरूरी सहायता की व्यवस्था कर सकता है। गंभीर स्थिति में मरीज को अगले स्टेशन पर चिकित्सकीय सहायता उपलब्ध कराने की व्यवस्था की जाती है। पुनिता के मामले में भी सूचना मिलते ही रेलवे ने हटिया स्टेशन पर मेडिकल टीम तैयार कर दी थी।
लहरिया महोत्सव में पारंपरिक पोशाकों में शामिल हुई महिलाएं
सावन की हरियाली व उमंग के बीच पादरू में लहरिया उत्सव धूमधाम से मनाया। महिलाओं को एक मंच पर जोड़ने व राजस्थानी लोक संस्कृति एवं परंपराओं को सहेजने के उद्देश्य से आयोजित कार्यक्रम में बड़ी संख्या में महिलाओं ने उत्साह से भाग लिया। उत्सव में महिलाएं रंग-बिरंगी लहरिया, बंधेज व चुनरी की पारंपरिक पोशाकों में नजर आईं। मेहंदी रचे हाथ, पारंपरिक आभूषण व सिर पर ओढ़नी ने आयोजन स्थल को सावन के रंगों से सराबोर कर दिया। महिलाओं का उत्साह देखते ही बन रहा था। कार्यक्रम में महिलाओं ने घूमर सहित विभिन्न राजस्थानी लोकनृत्यों की प्रस्तुतियां दीं। सतरंगी लहरिया, तारा री चुनड़ी व सावन आयो रे जैसे लोकगीतों पर सामूहिक नृत्य ने माहौल को और खुशनुमा बना दिया। वहीं वॉलीबॉल, खो-खो, लंगड़ी दौड़, रस्साकशी व मटकी फोड़ जैसी प्रतियोगिताओं में महिलाओं ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। आयोजकों ने बताया कि उत्सव का उद्देश्य महिलाओं में आपसी भाईचारा, सामाजिक समरसता व सांस्कृतिक मूल्यों को बढ़ावा देना है। ऐसे आयोजनों के माध्यम से नई पीढ़ी को राजस्थान की समृद्ध लोक परंपराओं से जोड़ने का प्रयास किया जा रहा है। समापन पर महिलाओं ने पारंपरिक राजस्थानी व्यंजनों का स्वाद चखा। महिलाओं ने कहा कि इस तरह के कार्यक्रम संस्कृति और परंपराओं को जीवंत रखने के साथ महिलाओं को एक-दूसरे से जुड़ने का अवसर देते हैं।
बदायूं में गंगा नदी का उफान खतरनाक होता जा रहा है। सिर्फ 5 मिनट में सरकारी स्कूल की पूरी बिल्डिंग धारा में समा गई। कुछ दीवारें ही बची हैं। ये स्कूल कदमनगला गांव में है। यहां पढ़ने वाले बच्चों को दूसरे गांव के प्राथमिक विद्यालय में भेजा गया। लेकिन बाढ़ में फंसे लोग बच्चों को स्कूल नहीं भेज पा रहे। करीब एक हजार बीघा खेतों में खड़ी फसलें डूब चुकी हैं। ये तबाही गंगा की धारा के मुड़ने की वजह से हुई। लोग तो सुरक्षित जगह पर चले गए, लेकिन उनके घर और खेत जलमग्न हो गए। गांव के लोग कहते हैं- नदी बहुत तेजी से गांव की जमीन काट रही है, ऐसा पहली बार नहीं हो रहा है। तीन बार पहले भी गांव कटकर नदी में समा चुका है। हर बार लोग नदी से दूर जाकर खेतों में घर बना लेते थे, मगर अब स्थिति बदल चुकी है। अब इतने खेत ही नहीं बचे कि गांव के इतने परिवार वहां जाकर बस सकें। ऐसे में इस बार गांव का अस्तित्व ही खत्म होने की कगार तक पहुंच चुका है। दहशत में लोग, घरों पर छत नहीं डाली, बोले- न जाने कब बह जाए बदायूं जिला मुख्यालय से करीब 40 किमी दूर कदमनगला गांव है। इसके नजदीक रैपुरा, दमनगला, जटा समेत कई गांव हैं। इस वक्त ये सभी गांव बाढ़ और कटान की चपेट में हैं। इन गांव में पहुंचने के लिए अब पक्का रास्ता नहीं बचा। कच्चे और गड्ढों से भरे रास्तों से होकर लोग आ-जा रहे हैं। इनमें भी 1 से 2 फीट तक पानी भरा हुआ है। कदमनगला, दमनगला, रैपुरा जैसे गांव में करीब 100 घर हैं, कोई भी दो मंजिल का नहीं है, ज्यादातर लोगों ने तो घर पर छत भी नहीं डलवाई है, कारण पूछने पर कहते हैं- ‘हमेशा डर बना रहता है कि न जाने कब गंगाजी में आई बाढ़ हमारे घर बहा ले जाए। इसलिए सिर्फ सिर छिपाने लायक ही बनाया है।’ 60 साल में 3 बार गांव खत्म होकर नई जगह बसता रहा कदमनगला गांव में हमारी मुलाकात राम सिंह से हुई। वह कहते हैं- 1965 में हम जहां रहते थे, उसका नाम खेड़ा पुख्ता था। गंगा नदी में बाढ़ आई, पूरा गांव ही डूब गया। जमीनें कट गईं, पानी कम हुआ, लेकिन नदी अपना रास्ता बदल चुकी थी। फिर हम लोग दूसरी तरफ बस गए। गांव का नाम पड़ा कदमनगला। 10 साल तक हम सब वहीं रहे, फिर नदी बाढ़ आ गई। एक बार फिर हमारे दरवाजे तक पानी पहुंचा। फिर कटान में वहां की जमीनें भी चली गईं। इसके बाद हम सब अपने ही खेतों में आकर रहने लगे। यहां करीब 20 साल से रह रहे हैं। अब नदी ने तीसरी बार अपना रास्ता बदला है। एक बार फिर पूरे गांव में पानी पहुंच गया है। जमीनें कट रही हैं, धारा फिर डरा रही है। ‘बाबा, पिता और हमने बाढ़ देखी, अब बच्चों को ये नहीं झेलने देंगे’ ग्रामीण राम सिंह कहते हैं- ‘अभी तक तो हम अपने खेतों की तरफ जाते चले गए, लेकिन अब हमारे पीछे फर्रुखाबाद के गांव लगते हैं, हमारा खेत भी कट गया, अब समझ नहीं आता कि कहां जाएं? बाकी मेरे बाबा ने, पिता ने, हमने बाढ़ का संकट देखा, अब हम नहीं चाहते कि हमारे बच्चे इसे झेलें, हम तो यही चाहते हैं कि वह कहीं भी जाकर मजदूरी कर लें, लेकिन यहां से चले जाएं।’ कृपाल बोले- सरकार के लोग देखकर चले जाते हैं, होता कुछ नहीं गांव में 90 साल के कृपाल सिंह यादव सबसे बुजुर्ग व्यक्ति हैं। वह हाथ उठाकर कहते हैं- ‘ये सब गंगा मइया की कृपा है। हमने पूछा आपका घर कटान में गया, फिर खेत गया, इसे कृपा कैसे मान रहे हैं?’ कृपाल सिंह कहते हैं- ‘हम इसे और क्या कहें, जो तय है, वही हो रहा है। ऐसे ही गुजर-बसर हो रही है। यहां किसी तरह की कोई सुविधा नहीं है। सरकार के लोग आते हैं, देखते हैं और फिर चले जाते हैं। यहां के लोग भी बाहर जाकर मजदूरी करने लगे हैं, क्योंकि उनका खेत ही नहीं बचे।’ ‘हम यही सोचते हैं कि बांध बन जाए, तो जमीनें बच जाएं’ 38 साल के अमित यादव का घर इस वक्त नदी से महज 100 मीटर की दूरी पर है। वह कहते हैं- हमने बाहर जाकर पढ़ाई की, नौकरी के चक्कर में घूमते रहे, नौकरी नहीं लगी तो वापस यहीं आ गए। आखिर छोड़कर जाएं भी तो कहां जाएं। भविष्य को लेकर बस यही सोचते हैं कि सरकार यहां बांध बना दे, हमारे खेत बच जाएंगे तो हमारी स्थिति ठीक हो जाएगी। स्कूल ढहने के बाद दूसरे स्कूल में बच्चे भेजे, वहां टीचर ही नहीं कदमनगला गांव का अपर प्राथमिक विद्यालय अब नदी में समा चुका था। इस स्कूल में कुल 41 बच्चे पढ़ते थे। सभी को नजदीक के गांव दमनगला प्राथमिक विद्यालय में शिफ्ट कर दिया गया। 2 किमी दूर इस प्राथमिक विद्यालय में पहले से 43 बच्चे थे, इन्हें पढ़ाने के लिए दो टीचर थे, अब वही दो टीचर छठी से आठवीं कक्षा तक के बच्चों को भी पढ़ा रहे हैं। यह स्कूल भी इस वक्त बाढ़ की चपेट में है। बाढ़ के चलते करीब 20 बच्चे ही स्कूल आ रहे हैं। हम जब पहुंचे तो स्कूल में छुट्टी हो चुकी थी। टीचर दिलशाद हुसैन स्कूल के ही बगल बैठे मिले। वह अब यहीं गांव में रहते हैं। बाढ़ के बीच स्कूल को लेकर दिलशाद कहते हैं- ‘कदमनगला स्कूल में पहले से भी कोई स्थायी टीचर नहीं था, दूसरे स्कूल के टीचर की ड्यूटी लगी थी, अब स्कूल गिर गया, तो वह चले गए। बाकी बच्चे इधर आ गए, मैं और प्रिंसिपल सर मिलकर बच्चों को पढ़ा लेते हैं। वैसे अभी कदमनगला के सिर्फ 2-3 बच्चे ही पढ़ने आ रहे हैं, क्योंकि वहां बाढ़ है, कई बच्चों को तो हम बाइक से छोड़ने जाते हैं।’ वह कहते हैं- ‘कुछ साल पहले तक मैं सोनभद्र में तैनात था। वहां गांव के अंदर भी पक्के रास्ते बने हुए थे। मगर यहां तो आने-जाने के रास्ते ही नहीं हैं। हमें गांव के हालात बताने के बाद वह 3 फीट पानी के अंदर ही बाइक लेकर नजदीकी कस्बे की तरफ चल दिए। पानी इतना था कि बहुत मुश्किल से बाइक चल पा रही थी।’ ‘अधिकारी आए, लेकिन किसी ने कुछ किया नहीं’ गांव के प्रधान राकेश कश्यप कहते हैं- ‘हमारे गांव की सैकड़ों बीघा जमीन इस साल नदी में समा चुकी है। अब हर दिन 10 से 15 मीटर जमीन कटकर नदी में समाए जा रही है। गांव में अभी करीब 25 घर हैं। सभी पर खतरा मंडरा रहा है। दो बार एसडीएम आए, बाढ़ खंड के अधिकारी आए। उन्होंने कहा भी कि जलस्तर कम होगा तो हम बांध बनवाने पर विचार करेंगे।’ प्रधान के पास खड़े जितेंद्र कहते हैं- ‘अधिकारी आते तो हैं, लेकिन देखकर फिर चले जाते हैं। कटान रोकने की व्यवस्था हो तो बहुत अच्छा होगा। हम लोगों के पास नौकरी तो है नहीं, जमीन बच जाएगी तो अपने बच्चों को खिला-पिला लेंगे।’ 'सरकार कहीं दूसरी जगह पट्टा दे, तो छोड़कर वहीं चले जाएं' गांव के श्यामवीर कहते हैं- ‘अब यहां रहना ठीक नहीं है। कहीं पट्टा वगैरह मिल जाए तो हम यहां से सामान निकालकर वहीं चले जाएं। पहले भी हमारा घर नदी में चला गया था। फिर अपने खेत में घर बनाकर रहने लगे। अब सारा खेत चला गया। जहां घर बनाया है, वह भी जाने वाला है। लगता है कि सब खत्म हो रहा है।’ ---------------- ये ग्राउंड रिपोर्ट भी पढ़ें - फर्रुखाबाद-बदायूं हाईवे डूबा, बैरिकेडिंग लगे: 62 गांव के 44 हजार लोग घर छोड़ने को मजबूर; ऐलान हो रहा- गांव खाली करें गंगा नदी में आए उफान के बाद फर्रुखाबाद-बदायूं हाईवे डूब गया है। दो जगह पर 100 से 150 मीटर तक दो से तीन फीट पानी भरा है। बैरिकेडिंग लगाकर ट्रैफिक रोक दिया गया है। बाढ़ की वजह से 62 गांव के 44 हजार से ज्यादा लोग घर छोड़ने पर मजबूर हो चुके हैं। जो राहत शिविर बनाए गए थे, उनमें से कुछ में बाढ़ का पानी पहुंचने लगा है। बच्चों और महिलाओं को दूसरे शिविरों में भेजा गया है। पढ़िए पूरी खबर…
पेयजल का 33.07 करोड़ का प्रस्ताव बनाकर भेजा
बालोतरा | राज्य सरकार की बजट घोषणा 2026-27 के तहत बालोतरा शहर की परिधि में पेयजल व्यवस्था को सुदृढ़ एवं विस्तारित करने के लिए 33.07 करोड़ रुपए का प्रस्ताव तैयार कर स्वीकृति के लिए भेजा गया है। अधीक्षण अभियंता बाबूलाल मीणा ने बताया कि प्रस्ताव में साकरणा बेरा, बेरजी की बाड़ी, मिठुजा क्षेत्र के आसपास तथा शनिदेव मंदिर के आसपास के क्षेत्रों में पेयजल सुविधा उपलब्ध करवाने के लिए आवश्यक कार्य शामिल किए गए हैं। इसके तहत 3 उच्च जलाशयों के निर्माण के साथ करीब 300 किलोमीटर विभिन्न प्रकार एवं विभिन्न व्यास की पाइपलाइनों का प्रावधान किया गया है।
गुड़ानाल में जर्जर भवनों के लिए खुली बोली आयोजित
भास्कर न्यूज | सिवाना राउमावि गुड़ानाल में शिक्षा विभाग के आदेशानुसार जर्जर भवनों को ढहाने के लिए खुली बोली का आयोजन हुआ। बोली प्रक्रिया में ग्रामीणों एवं ठेकेदारों ने फॉर्म लगाए। निर्धारित प्रक्रिया के तहत उच्च बोलीदाता को जर्जर भवनों को ढहाने का कार्य सौंपा गया। इस पूरी प्रक्रिया का आयोजन निगरानी समिति के अध्यक्ष ईश्वरसिंह सोढ़ा, सदस्य व्याख्याता राजेश कुमार, वरिष्ठ अध्यापक नरपतसिंह, सहायक प्रशासनिक अधिकारी सदीक मोहम्मद, जोधाराम की देखरेख में किया।
सिंध स्मृति दिवस पर आह्वान; सिंधु संस्कृति को अक्षुण्ण रखें युवा साथी
भास्कर न्यूज | बाड़मेर भारतीय सिंधी सभा बाड़मेर ने शुक्रवार को आदर्श विद्या मंदिर में विभाजन विभीषिका स्मृति दिवस, सिंध स्मृति दिवस पर कार्यक्रम किया। मुख्य वक्ता राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ बाड़मेर के विभाग संघचालक मनोहर बंसल रहे। कार्यक्रम में प्रधानाचार्य महेश सोनी, महामंत्री दिलीप तनसुखानी, प्रदेश कार्यकारिणी सदस्य भगवानदास ठारवानी, जिलाध्यक्ष हरीश जीवनानी, नगर अध्यक्ष दुर्गेश मंघानी, पवन राजवानी, विजय तनसुख़ानी, संरक्षक बन्नाराम वाधवानी, दिलीप बादलानी, मनीष झामनानी, प्रदीप तनसुखानी मौजूद रहे। भारतीय सिंधु सभा नगर इकाई व जिला इकाई बाड़मेर के कार्यकारिणी सदस्य उपस्थित रहे। बंसल ने कहा कि भारत की आजादी के पीछे अनगिनत महापुरुषों का बलिदान है। विभाजन की त्रासदी कई समुदायों ने झेली। जननी जन्मभूमिश्च स्वर्गादपि गरियसी भावना से भावी पीढ़ी को राष्ट्रहित सर्वोपरि रखना चाहिए। दिलीप बादलानी ने कहा कि सिंधी समुदाय विभाजन विभीषिका से सबसे ज्यादा आहत हुआ। रातोंरात सिंध प्रांत छोड़ना पड़ा। मान-सम्मान बचाने के लिए प्राणों की आहुति दी। एक पोटली में कुछ वस्त्र लेकर शरणार्थी के रूप में विस्थापित हुए। बाद में भारत राष्ट्र के कोने-कोने में अपनी दमखम पर हर क्षेत्र में सफलता हासिल की।
विधायक भायल आज व कल दो दिन विधानसभा क्षेत्र के दौरे पर रहेंगे
सिवाना | सिवाना विधायक हमीरसिंह भायल शनिवार व रविवार को अपने विधानसभा क्षेत्र के विभिन्न गांवों के दौरे पर रहेंगे। इस दौरान वे सरकारी, सामाजिक एवं पार्टीगत बैठकों व कार्यक्रमों में भाग लेंगे। विधायक के अनुसार शनिवार सुबह 7 बजे आदर्श विद्या मंदिर सिवाना के प्रांगण में 80वें स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर बतौर मुख्य अतिथि राष्ट्रीय ध्वजारोहण करेंगे। इसके बाद सुबह 8 बजे राउमावि सिवाना में आयोजित उपखंड स्तरीय सार्वजनिक स्वतंत्रता दिवस समारोह में शामिल होंगे। दोपहर 1 बजे राउमावि पीपलून में समग्र शिक्षा अभियान एवं विधायक निधि से निर्मित अतिरिक्त कक्षा-कक्ष तथा मंच मय टिनशेड निर्माण कार्य के लोकार्पण समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होंगे। दोपहर 2 बजे राउमावि देवंदी में अतिरिक्त कक्षा-कक्ष निर्माण कार्य का लोकार्पण करेंगे। रविवार सुबह 10 बजे राउमावि धारणा में वाचनालय एवं सभाभवन के लोकार्पण कार्यक्रम में शामिल होंगे। इसके बाद सुबह 11 बजे सिणधरी चौसिरा तथा दोपहर 12 बजे बालोतरा के सिवांची मालाणी भवन, सिणधरी रोड पर आयोजित प्रजापति समाज प्रतिभा सम्मान समारोह में भाग लेंगे। दोपहर 3 बजे अजीत ग्राम में बाबा साहब डॉ. भीमराव अंबेडकर की प्रतिमा अनावरण कार्यक्रम में अतिथि के रूप में शामिल होंगे।
माहवारी स्वच्छता को लेकर बालिकाओं को किया जागरुक,सफाई पर दें ध्यान
भास्कर न्यूज | बालोतरा शहर की महिला अधिकारिता विभाग की ओर से बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ योजना के तहत माहवारी स्वच्छता प्रबंधन को लेकर 12 से 14 अगस्त तक विशेष जागरूकता कार्यक्रम आयोजित हुआ। इसी क्रम में शुक्रवार को राउमावि शिव कॉलोनी मंडापुरा व महात्मा गांधी राजकीय स्कूल गांधीपुरा में बालिकाओं व किशोरियों के लिए जिला स्तरीय जागरूकता कार्यक्रम आयोजित हुआ। महिला अधिकारिता की सहायक निदेशक अंकिता राजपुरोहित के निर्देशन में आयोजित कार्यक्रम में पन्नाधाय सुरक्षा व सम्मान केंद्र की केंद्र प्रबंधक अनिता चौहान ने कार्यक्रम के उद्देश्य की जानकारी दी। सामाजिक परामर्शदाता चैनी चौधरी ने महिला अधिकारिता विभाग की विभिन्न योजनाओं व केंद्र की सेवाओं के बारे में बताया। परामर्शदाता सोनम सोनी ने माहवारी स्वच्छता प्रबंधन पर जानकारी दी। बताया कि सामान्यतः 10 से 15 वर्ष की उम्र के बीच किशोरियों में माहवारी शुरू हो सकती है। बालिकाओं को सैनेटरी पैड प्रत्येक 4 से 6 घंटे में बदलने, पैड बदलने से पहले और बाद में साबुन से हाथ धोने तथा इस्तेमाल किए गए पैड को कागज में लपेटकर डस्टबिन में डालने की सलाह दी। साथ ही महिला हेल्पलाइन 181, महिला गरिमा हेल्पलाइन 1090 और राजकॉप सिटीजन एप की जानकारी देते हुए जरूरत पड़ने पर इनका उपयोग करने के लिए प्रेरित किया।
नगर निकाय चुनाव से पहले कांग्रेस ने वार्डवार प्रभारी बनाए
बालोतरा | नगर निकाय चुनाव की तैयारी के तहत बालोतरा जिला कांग्रेस कमेटी ने वार्डवार प्रभारियों की नियुक्ति की है। नियुक्तियां जिलाध्यक्ष प्रियंका मेघवाल की अनुशंसा पर हुईं। पार्टी ने बूथ और वार्ड स्तर पर संगठन मजबूत करने की बात कही है। चुनावी तैयारी तेज करने पर जोर दिया है। जिला कांग्रेस कमेटी के सोशल मीडिया प्रभारी ओम भाटिया ने बताया कि प्रभारी अपने-अपने वार्ड में कांग्रेस कार्यकर्ताओं से समन्वय करेंगे। संगठन के काम आगे बढ़ाएंगे। चुनावी प्रबंधन से जुड़े काम संभालेंगे। पार्टी नेतृत्व ने प्रभारियों को सक्रिय रहने के निर्देश दिए हैं। आमजन से लगातार संपर्क बनाए रखने को कहा है। घोषित सूची के अनुसार वार्ड 1 में नरेश ढेलडिया, वार्ड 2 में यासीन तेली, वार्ड 3 में जान मोहम्मद, वार्ड 4 में उगमराज जाटोल, वार्ड 20 में विनोद चौधरी को जिम्मेदारी दी गई है। अलग-अलग वार्डों में कई अन्य कार्यकर्ताओं को भी प्रभारी बनाया गया है। पार्टी सूत्रों के मुताबिक इन नियुक्तियों से वार्ड स्तर पर टीमों का गठन होगा। मतदाता संपर्क होगा। बूथ प्रबंधन होगा। स्थानीय मुद्दों पर फीडबैक जुटाया जाएगा। चुनाव कार्यक्रम घोषित होने से पहले संगठनात्मक ढांचे को अंतिम रूप देने की दिशा में इसे अहम कदम माना जा रहा है।
महात्मा गांधी स्कूल सड़ा में पौधरोपण
भास्कर न्यूज | पायला कला समीपवर्ती महात्मा गांधी राजकीय स्कूल सड़ा में पर्यावरण संरक्षण एवं हरियाली को बढ़ावा देने के उद्देश्य से पौधरोपण कार्यक्रम आयोजित हुआ। इस दौरान स्कूल परिसर में विभिन्न प्रजातियों के पौधे लगाए गए तथा उनके संरक्षण का संकल्प लिया। सांवलाराम आंजणा ने कहा कि वर्तमान समय में पर्यावरण संतुलन बनाए रखना हम सभी की जिम्मेदारी है। अधिक से अधिक पौधे लगाने के साथ उनकी नियमित देखभाल व सुरक्षा करना जरूरी है। उन्होंने कहा कि पौधरोपण केवल एक दिन का कार्यक्रम नहीं है, बल्कि पौधों के पेड़ बनने तक उनकी जिम्मेदारी से देखभाल करना भी आवश्यक है। उन्होंने विद्यार्थियों एवं ग्रामीणों से अधिक से अधिक पौधे लगाने तथा उनकी सुरक्षा करने का आह्वान किया।
महात्मा ईसरदास जन्मोत्सव पर भादरेस में विचार गोष्ठी
बाड़मेर | बाड़मेर जिले के भादरेस गांव में महात्मा ईसरदास जन्मोत्सव की पूर्व संध्या पर मंदिर प्रांगण में विचार गोष्ठी हुई। रात्रि जागरण भी हुआ। आयोजन समिति के मनोहर बारहठ भादरेश ने बताया कि गोष्ठी भाजपा के पूर्व जिलाध्यक्ष स्वरूपसिंह खारा के मुख्य आतिथ्य में हुई। भाजपा नेता दीपक कड़वासरा, कांग्रेस नेता आज़ाद सिंह, एबीवीपी के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष विजेंद्र गोदारा, चारण समाज के जिलाध्यक्ष तेजदान देथा, सहायक आचार्य बाबूलाल धनदे, ईश्वरदान इसरानी व पूर्व जिलाध्यक्ष नरसिंहदान रहे। रघुवीर सिंह तामलोर मौजूद रहे। स्वरूप सिंह खारा ने मंदिर विकास के लिए 11 लाख रुपए देने की घोषणा की। उन्होंने कहा कि महात्मा ईसरदास की रचना हरिरस सहित पूरा साहित्य राजस्थान की विरासत है। इस विरासत के संरक्षण में सहभागिता जरूरी है। दीपक कड़वासरा ने महात्मा ईसरदास के विचारों की वर्तमान परिप्रेक्ष्य में प्रासंगिकता बताई। आजाद सिंह राठौड़ ने संत ईसरदास के जीवन से मिली शिक्षाओं को जीवन में उतारने की बात कही। साहित्यकार डॉ. बाबूलाल धनदे ने कहा कि साहित्य इतिहास लेखकों की पश्चिमी साहित्यकारों के प्रति दुराग्रह की मानसिकता के कारण ईसरदास के साहित्य को उचित स्थान नहीं मिल पाया।
कनाना में वीर शिरोमणी की जयंती पर कार्यक्रम, व्यक्तित्व व कृतित्व की जानकारी दी
भास्कर न्यूज | बालोतरा कनाना में वीर शिरोमणि दुर्गादास राठौड़ की जयंती पर प्रशासक चेनकरण राठौड़ के नेतृत्व में जयंती महोत्सव हुआ। कार्यक्रम में अतिथियों ने वीर दुर्गादास राठौड़ को नमन किया। ग्रामीण भी मौजूद रहे। अतिथियों ने प्रतिमा पर दीप जलाया। माल्यार्पण किया। पुष्पांजलि अर्पित की। कार्यक्रम में चंदनसिंह चांदेसरा ने वीर दुर्गादास के जीवन, संघर्ष, योगदान पर काव्य पंक्तियों से बात रखी। उन्होंने भगवान श्रीकृष्ण के उपदेशों का उल्लेख किया। कहा कि वीर दुर्गादास ने धर्म, कर्तव्य, राष्ट्रभक्ति, स्वामिभक्ति के आदर्शों को जीवन में उतारा। उन्होंने कहा कि बाल्यावस्था में महाराजा अजीतसिंह की रक्षा से लेकर मारवाड़ की आन-बान, स्वाभिमान की रक्षा के लिए मुगलों के खिलाफ संघर्ष तक उनका जीवन साहस और शौर्य की मिसाल रहा। उन्होंने कई युद्धों में वीरता दिखाई। विपरीत हालात में भी मारवाड़ की अस्मिता को अक्षुण्ण रखने में अहम भूमिका निभाई। 1 कार्यक्रम को पचपदरा विधायक अरुण चौधरी ने संबोधित किया। पूर्व विधायक मदन प्रजापत ने भी संबोधित किया। वीर दुर्गादास समिति के रतनसिंह चंपावत ने जोधपुर के हिज हाईनेस गजसिंह का संदेश उपस्थित लोगों तक पहुंचाया। उन्होंने मुगलों के खिलाफ संघर्ष, अदम्य साहस, वीरता को याद किया। श्रद्धांजलि दी। रावजी ने परंपरा के अनुसार काव्यात्मक शैली में वीर दुर्गादास के जीवन और शौर्यगाथा पर प्रकाश डाला। बड़ी संख्या में ग्रामीणों ने प्रतिमा पर पुष्प अर्पित किए। वक्ताओं ने कहा कि वीर दुर्गादास इतिहास के महान योद्धा रहे। आने वाली पीढ़ियों के लिए राष्ट्रभक्ति, स्वाभिमान, त्याग, कर्तव्यनिष्ठा के प्रेरणास्रोत भी हैं। कार्यक्रम में मेहरानगढ़ दुर्ग के प्रशासनिक अधिकारी कर्नल अजयसिंह शेखावत, डॉ. महेंद्रसिंह तंवर, पूर्व प्रधान हरिसिंह, डॉ. विक्रमसिंह गुंदोज, प्रसन्न पुरी गोस्वामी, पंडित विजयदत्त पुरोहित, विष्णुचंद प्रजापत, पुखराज रामावत, रतनसिंह चंपावत, लोकपालसिंह राठौड़, देवेंद्र करण, धर्मेंद्र करण, भंवरसिंह जेठंतरी, रविंद्रसिंह सराना सहित ग्रामीण मौजूद रहे।
रेलवे में जेई-डीएमएस आवेदन 13 सितंबर तक
बालोतरा | रेलवे में जूनियर इंजीनियर (जेई) और डिपो मैटेरियल सुपरिंटेंडेंट के 3993 पदों पर भर्ती के लिए ऑनलाइन आवेदन 14 अगस्त से 13 सितंबर रात 11:59 बजे तक आवेदन कर सकेंगे। भर्ती सीईएन 04/2026 के तहत होगी। भर्ती के लिए आयु सीमा 1 जनवरी 2027 को 18 से 33 वर्ष रखी गई है। पद के अनुसार निर्धारित शैक्षणिक योग्यता आवेदन की 1 जनवरी 2027 को होनी चाहिए।
जेएसएससी के एएसओ को अभय तिवारी ने आयोग के मैदान में दिया था 5 लाख रु. जेपीएससी और जेएसएससी की भर्ती परीक्षाओं में धांधली की जांच कर रही सीआईडी के सामने आरोपियों ने कई चौंकाने वाले खुलासे किए हैं। परीक्षा एजेंसी टीडीपीएल के मार्केटिंग मैनेजर अभय तिवारी और निदेशक रामवीर सिंह ने पूछताछ में स्वीकारा कि जेएसएससी में भी बायोमेट्रिक्स का काम पाने के लिए टेंडर प्रक्रिया में बड़े पैमाने पर कमीशनखोरी और साठगांठ की गई थी। तिवारी ने बताया कि 2023 में उसने जएसआर एजेंसी में प्रोजेक्ट को-ऑर्डिनेटर के रूप में काम शुरू किया था। वहां स्वास्थ्य विभाग में अनुबंध आधारित भर्ती में उसे नौ लाख रुपए कमीशन मिला था। इसके बाद दिल्ली निवासी उसके मित्र शैंटी उर्फ लालू प्रसाद (अब दिवंगत) ने टीडीपीएल को जेएसएससी में टेंडर दिलाने के लिए संपर्क किया। इसके लिए कुल बिलिंग का 10 प्रतिशत कमीशन तय हुआ। इधर, अनिमा हांसदा, धर्मेंद्र और अरुण से पूछताछ: अनिमा बोली- मैं निर्दोष, ख्यांगते के स्तर पर हुआ टीडीपीएल का चयन सीआईडी ने शुक्रवार को जेपीएससी की पूर्व सदस्य अनिमा हांसदा से पूछताछ की। अनिमा ने गड़बड़ी में किसी तरह की अपनी संलिप्तता से इनकार करते हुए खुद को निदोर्ष बताया। टीडीपीएल के चयन संबंधी सवाल पर कहा कि यह फैसला तत्कालीन अध्यक्ष एल ख्यांगते के स्तर पर लिया गया था। एजेंसी चयन में अन्य सदस्यों की भूमिका पर वह कोई ठोस जानकारी नहीं दे सकी। उन्होंने कहा कि प्रशासनिक कार्यों की निगरानी के बावजूद उन्हें किसी अनियमितता की भनक तक नहीं लगी। इससे पहले सीआईडी 10 अगस्त को डॉ. अजिता भट्टाचार्य और 12 अगस्त को डॉ. जमाल अहमद से भी पूछताछ कर चुकी है। बिंसिस को दो करोड़ में मिला था काम, धर्मेंद्र ने कराया था सौदा सीआईडी ने रिमांड पर चल रहे पूर्व अध्यक्ष एल. ख्यांग्ते के कंप्यूटर ऑपरेटर धर्मेंद्र कुमार से चौथे दिन और बिंसिस टेक्नोलॉजी के निदेशक अरुण कुमार उर्फ अरुण शर्मा से तीसरे दिन भी कड़ी पूछताछ की। जांच एजेंसी ने दोनों आरोपियों को आमने-सामने बैठाकर उनके बयानों की क्रॉस चेकिंग की, जिसमें कई चौंकाने वाले खुलासे हुए। ऑपरेटर धर्मेंद्र ने कबूल किया कि पूर्व अध्यक्ष का खास होने के कारण वह उनके लिए वसूली से लेकर परीक्षा एजेंसी सेट करने तक का काम संभालता था। वहीं, निदेशक अरुण कुमार ने स्वीकार किया कि जेपीएससी में काम पाने के लिए दो करोड़ रुपए में सौदा तय हुआ था, जिसे धर्मेंद्र ने ही कराया था। घाटा होने पर टीडीपीएल हटी, फिर वेबल का हुआ प्रवेश अभय ने बताया कि टीडीपीएल को सबसे पहले जेएसएससी-सीजीएल परीक्षा में बायोमेट्रिक्स का काम मिला था। हालांकि, तय दरें कम होने और घाटा होने के कारण कंपनी ने आगे काम करने से इनकार कर दिया, जिसके बाद आयोग ने उसे डी-इम्पैनल कर दिया। इसके बाद अभय तिवारी का संपर्क वेबल एजेंसी से हुआ। उल्लेखनीय हो कि वेबल एजेंसी पर भी बोकारो में छात्रों को प्रश्नों के उत्तर रटाकर धांधली कराने का आरोप है।
गुरुग्राम में स्वतंत्रता दिवस पर जिला स्तरीय समारोह सेक्टर-38 स्थित ताऊ देवीलाल स्टेडियम में आयोजित किया जाएगा। यहां विधानसभा डिप्टी स्पीकर डॉ. कृष्ण लाल मिड्ढा राष्ट्रीय ध्वज फहराएंगे। जिला स्तर के साथ-साथ उपमंडल स्तर पर भी स्वतंत्रता दिवस समारोह आयोजित किए जाएंगे। पटौदी में विधायक बिमला चौधरी, मानेसर में विधायक मुकेश शर्मा, सोहना में विधायक तेजपाल तंवर तथा बादशाहपुर में फरीदाबाद एनआईटी के विधायक सतीश फागना राष्ट्रीय ध्वज फहराएंगे। जिला स्तरीय समारोह के मुख्य अतिथि डॉ. कृष्ण लाल मिड्ढा सबसे पहले सिविल लाइंस स्थित युद्ध स्मारक पहुंचकर देश की आजादी के लिए अपने प्राणों का बलिदान देने वाले स्वतंत्रता सेनानियों तथा देश की सीमाओं की रक्षा करते हुए सर्वोच्च बलिदान देने वाले वीर जवानों को पुष्पचक्र अर्पित कर श्रद्धांजलि देंगे। इसके बाद वे ताऊ देवीलाल स्टेडियम पहुंचकर राष्ट्रीय ध्वज फहराएंगे और भव्य परेड की सलामी लेंगे। डंबल शो और लेजियम शो की शानदार प्रस्तुतियां मुख्य समारोह में डिप्टी स्पीकर परेड में शामिल विभिन्न टुकड़ियों का निरीक्षण करेंगे। इसके बाद वे प्रदेशवासियों के नाम अपना संदेश देंगे। समारोह में मार्च पास्ट के साथ मास पीटी, डंबल शो और लेजियम शो की शानदार प्रस्तुतियां होंगी। इसके पश्चात विद्यार्थियों द्वारा देशभक्ति की भावना से ओत-प्रोत सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किए जाएंगे, जिनमें राष्ट्रप्रेम, वीरता और देश की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत की मनमोहक झलक देखने को मिलेगी। प्रतिभाओं को किया जाएगा सम्मानित डीसी ने बताया कि स्वतंत्रता दिवस समारोह के दौरान जिले के विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट कार्य करने वाले अधिकारियों, कर्मचारियों, संस्थाओं, खिलाड़ियों, विद्यार्थियों तथा अन्य प्रतिभाओं को सम्मानित किया जाएगा। उन्होंने कहा कि स्वतंत्रता दिवस केवल राष्ट्रीय पर्व ही नहीं, बल्कि उन महान स्वतंत्रता सेनानियों और वीर शहीदों के प्रति कृतज्ञता व्यक्त करने का अवसर भी है, जिनके त्याग और बलिदान के कारण हम आज स्वतंत्र वातावरण में जीवन जी रहे हैं।
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जबलपुर, शहडोल-सागर समेत मध्य प्रदेश के 21 जिलों में शनिवार को हैवी रेन का अलर्ट है। यहां अगले 24 घंटे के अंदर 4 से 8 इंच तक बारिश हो सकती है। मौसम केंद्र (IMD) भोपाल के मुताबिक, प्रदेश के पूर्वी हिस्से में स्ट्रॉन्ग सिस्टम एक्टिव है। अगले 4 दिन जबलपुर, रीवा, सागर-शहडोल संभाग में ज्यादा असर देखने को मिलेगा। शनिवार को 3 जिले- नर्मदापुरम, छतरपुर और उमरिया में अति भारी बारिश होने का अनुमान है। वहीं, जबलपुर, सागर, रायसेन, नरसिंहपुर, छिंदवाड़ा, सिवनी, बालाघाट, मंडला, डिंडौरी, अनूपपुर, शहडोल, कटनी, पन्ना, टीकमगढ़, रीवा, मऊगंज, सीधी और सिंगरौली में भारी बारिश हो सकती है। यहां भी बारिश के आसारभोपाल, सीहोर, राजगढ़, विदिशा, इंदौर, धार, आलीराजपुर, बुरहानपुर, बड़वानी, खंडवा, खरगोन, झाबुआ, उज्जैन, नीमच, आगर-मालवा, मंदसौर, शाजापुर, देवास, रतलाम, बैतूल, हरदा, ग्वालियर, गुना, शिवपुरी, दतिया, अशोकनगर, मुरैना, भिंड, श्योपुर, पांढुर्णा, सतना, मैहर, शहडोल, अनूपपुर, दमोह और निवाड़ी में कहीं तेज तो कहीं हल्की बारिश होने के आसार है। कई जिलों में तेज बारिश का दौरइससे पहले शुक्रवार को खरगोन जिले के गोगांवा में लगातार बारिश से साटक जलाशय ओवर फ्लो हो गया। 18.38 मिलियन क्यूबिक मीटर क्षमता वाला जलाशय स्पिल-वे के ऊपर से बहा। दो साल बाद यह स्थिति बनी। इससे पहले ये 2023 में 16 सितंबर और 2024 में 2 सितंबर को ओवरफ्लो हुआ था। सतना जिले के ग्रामीण क्षेत्रों में रुक रुककर बारिश होती रही। तराई क्षेत्र में इसका सबसे ज्यादा असर दिख रहा है। पहाड़ी पानी तेजी से उतरने के कारण धारकुंडी आश्रम का झरना पूरी गति से बह रहा है। आश्रम के अंदर तक पानी घुस गया है। कोटर नगर परिषद के कार्यालय परिसर और दुकानों में भी पानी भर गया। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के वार्ड में पानी आने से प्रसूताओं को जिला अस्पताल रेफर करना पड़ा। बिरसिंहपुर-सेमरिया रोड पर मऊ नदी का पानी पुल के ऊपर से बह रहा है। देखिए, शुक्रवार को बारिश की तस्वीरें… ये सिस्टम एक्टिवमौसम विशेषज्ञ शैलेंद्र कुमार नायक ने बताया कि बंगाल की खाड़ी में एक्टिव हुआ लो प्रेशर एरिया (निम्न दबाव क्षेत्र) डिप्रेशन में बदल गया है। इसका सबसे ज्यादा असर पूर्वी हिस्से में रहेगा। यहां पर भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। 12 जिलों में ज्यादा बारिशIMD की माने तो भोपाल, गुना, सीहोर, राजगढ़, ग्वालियर, अनूपपुर, भिंड, बुरहानपुर, देवास, बड़वानी, खंडवा और खरगोन में ही औसत से ज्यादा बारिश दर्ज की गई। 43 जिलों में कम बारिशप्रदेश के पूर्वी हिस्से- जबलपुर, रीवा, सागर और शहडोल संभाग में 19% तक कम बारिश हुई है। बालाघाट, छतरपुर, छिंदवाड़ा, दमोह, डिंडौरी, जबलपुर, कटनी, मैहर, मंडला, मऊगंज, नरसिंहपुर, निवाड़ी, पांढुर्णा, पन्ना, रीवा, सागर, सतना, सिवनी, शहडोल, सीधी, सिंगरौली, टीकमगढ़ और उमरिया में 2% से 54% तक कम बारिश हुई है। वहीं, पश्चिमी हिस्से के आगर-मालवा, आलीराजपुर, अशोकनगर, बैतूल, दतिया, धार, हरदा, इंदौर, झाबुआ, मुरैना, मंदसौर, नर्मदापुरम, नीमच, रायसेन, रतलाम, शाजापुर, श्योपुर, शिवपुरी, उज्जैन और विदिशा में औसत से 1% से 48% कम पानी गिरा है। मैप से समझें, 4 दिन ऐसा रहेगा मौसम जून के बाद जुलाई-अगस्त में अच्छी बारिशमौसम विभाग के अनुसार, जून में 14% कम बारिश हुई थी। जुलाई की शुरुआती दिनों में तेज बारिश होने से यह बढ़ गया। इसके बाद मानसून दो बार ब्रेक हुआ और कई दिन तक बारिश नहीं हुई। आखिरी सप्ताह में फिर से स्ट्रॉन्ग सिस्टम एक्टिव हो गया। बावजूद इसके 13 प्रतिशत कम बारिश हुई है। हालांकि, जुलाई का कोटा तो फुल हो गया, लेकिन जून की भरपाई नहीं हो पाई। प्रदेश की सामान्य बारिश 37.3 इंचप्रदेश की सामान्य बारिश 37.3 इंच है। भोपाल, इंदौर, जबलपुर और ग्वालियर जिले की सामान्य बारिश 38 से 39 इंच तक है। अब जानिए, 5 बड़े शहरों में बारिश का रिकॉर्ड... भोपाल में 2006 में अगस्त में 35 इंच बारिश का रिकॉर्डभोपाल में अगस्त में मानसून जमकर बरसता है। इस महीने राजधानी में औसत साढ़े 35 इंच तक बारिश हो चुकी है, जो साल 2006 में हुई थी। 24 घंटे में सर्वाधिक बारिश करीब 12 इंच 14 अगस्त 2006 को हुई थी। पिछले सालों की बात करें तो 2015 और 2022 में 30 इंच से ज्यादा पानी गिर चुका है। भोपाल में इस महीने औसत 14 दिन बारिश होती है। इस दौरान 13 दिन तक पानी गिर जाता है। जुलाई जैसे ही सिस्टम एक्टिव होते हैं। इंदौर में 1944 में गिरा था 28 इंच पानीइंदौर में अगस्त महीने में औसत 28 इंच बारिश का रिकॉर्ड है, जो साल 1944 में दर्ज किया गया था। 24 घंटे में सबसे ज्यादा बारिश का रिकॉर्ड 22 अगस्त 2020 को बनाया था। इस दिन साढ़े 10 इंच पानी गिरा था। पिछले 10 साल में दो बार 17 इंच से ज्यादा बारिश हो चुकी है। इंदौर में अगस्त महीने की औसत बारिश 10 से 11 इंच है। महीने में 12 से 13 दिन तक बारिश होती है। ग्वालियर में 24 घंटे में साढ़े 8 इंच बारिश का रिकॉर्डग्वालियर में 24 घंटे में साढ़े 8 इंच बारिश होने का रिकॉर्ड है, जो 10 अगस्त 1927 को बना था। सर्वाधिक मासिक बारिश वर्ष 1916 में 28 इंच हुई थी। इस महीने की औसत बारिश साढ़े 9 इंच है। एवरेज 12 दिन बारिश होती है। जबलपुर में 102 साल पहले गिरा था 44 इंच पानीजबलपुर में एक महीने में 44 इंच बारिश का रिकॉर्ड है। 102 साल पहले यानी, वर्ष 1923 में अगस्त महीने में बारिश ने रिकॉर्ड तोड़ दिया था। इसी साल 20 अगस्त को 24 घंटे में ही 13 इंच बारिश हुई थी। यहां बादल फटने जैसी स्थिति बनी थी। जबलपुर में इस महीने की औसत बारिश 18 इंच है। करीब 16 दिन तक पानी गिरता है। पिछले 10 साल की बात करें तो साल 2019 में यहां 30.61 इंच बारिश हुई थी। उज्जैन में अगस्त में जमकर होती है बारिशउज्जैन में साल 2006 में सर्वाधिक बारिश का रिकॉर्ड बना था। इस साल अगस्त महीने में करीब 35 इंच बारिश हुई थी। इसी साल 24 घंटे में सर्वाधिक 12 इंच बारिश का रिकॉर्ड 10 अगस्त को बना था। उज्जैन में अगस्त की औसत बारिश 10 इंच है। 10 से 11 दिन यहां बारिश होती है।
हिमाचल प्रदेश सरकार ने विभिन्न बोर्डों और निगमों में नियुक्त गैर सरकारी अध्यक्षों और उपाध्यक्षों को बड़ा वित्तीय लाभ दिया है।
ग्वालियर में स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर आज शहर में मुख्य समारोह एसएएफ ग्राउंड पर पूरे हर्षोल्लास के साथ आयोजित किया जाएगा। कार्यक्रम में मप्र विधानसभा अध्यक्ष नरेंद्र सिंह तोमर मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होकर सुबह राष्ट्रीय ध्वज फहराएंगे और परेड की सलामी लेंगे। समारोह को लेकर एसएएफ ग्राउंड पर गुरुवार को ही फुल ड्रेस रिहर्सल पूरी कर ली गई थी। इसमें परेड, डॉग शो और सांस्कृतिक कार्यक्रमों का अंतिम पूर्वाभ्यास किया गया। प्रशासन ने सुरक्षा और ट्रैफिक व्यवस्था के पुख्ता इंतजाम किए हैं। समारोह के मुख्य आकर्षण सुरक्षा और व्यवस्था दुरुस्त प्रशासनिक अधिकारियों ने मंच, बैठक व्यवस्था, सुरक्षा और ट्रैफिक रूट का अंतिम जायजा ले लिया है। समारोह में जनप्रतिनिधि, वरिष्ठ अधिकारी, विद्यार्थी और बड़ी संख्या में आम नागरिक मौजूद रहेंगे। 6 कैदी होंगे रिहा स्वतंत्रता दिवस का अवसर इस बार ग्वालियर सेंट्रल जेल के 6 कैदियों की जिंदगी में नया सवेरा लेकर आ रहा है। अलग-अलग हत्या के मामलों में जेल में आजीवन कारावास भुगत रहे 6 बंदियों को सुबह जेल की सलाखों से आजादी मिल जाएगी। जेल मुख्यालय से इन कैदियों की समयपूर्व रिहाई के आदेश ग्वालियर जेल प्रशासन को प्राप्त हो चुके हैं। जेलर अनिरुद्ध सिंह नरवरिया ने बताया कि 15 अगस्त को सुबह करीब 8 बजे एक गरिमामय कार्यक्रम के तहत इन कैदियों को रिहाई का प्रमाण पत्र (सर्टिफिकेट) सौंपा जाएगा। इसके साथ ही उनके नए और सुधरे हुए जीवन की शुरुआत के लिए शॉल व श्रीफल भेंट कर जेल से सम्मानजनक विदाई दी जाएगी।
‘हर घर तिरंगा’ अभियान के तहत कार्यक्रम आयोजित, राष्ट्रीय ध्वज का वितरण किया
स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर पंचायती राज विभाग के निर्देशानुसार 09 अगस्त से 17 अगस्त 2026 तक आयोजित किए जा रहे ‘हर घर तिरंगा’ अभियान के सफल क्रियान्वयन तथा जनभागीदारी सुनिश्चित करने के उद्देश्य से आज गुमला समाहरणालय परिसर में विशेष कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता उपायुक्त दिलेश्वर महतो ने की। इस अवसर पर उप विकास आयुक्त अनिमेष रंजन, जिला पंचायती राज पदाधिकारी, विभिन्न विभागों के पदाधिकारी, पंचायत प्रतिनिधि, पंचायत सचिव तथा समाहरणालय के पदाधिकारी-कर्मी उपस्थित रहे। कार्यक्रम के दौरान उपस्थित पदाधिकारियों, कर्मियों तथा पंचायत प्रतिनिधियों के बीच राष्ट्रीय ध्वज तिरंगा का वितरण किया गया। साथ ही समाहरणालय परिसर में राष्ट्रीय ध्वज फहराया गया। उपस्थित सभी पदाधिकारियों, कर्मियों तथा पंचायत प्रतिनिधियों ने सामूहिक रूप से राष्ट्रगान गाकर राष्ट्र के प्रति सम्मान तथा गौरव की भावना व्यक्त की। कार्यक्रम के दौरान पंचायत प्रतिनिधियों से अपील की गई कि वे अपने-अपने क्षेत्रों में व्यापक जनभागीदारी सुनिश्चित करें। ग्रामीणों को अपने घरों में तिरंगा फहराने के लिए प्रेरित करें। साथ ही पंचायत भवनों तथा अन्य सार्वजनिक संस्थानों में भी निर्धारित प्रावधानों के अनुरूप राष्ट्रीय ध्वज फहराने के लिए आवश्यक पहल करने को कहा गया। इस दौरान उपस्थित सभी लोगों को फ्लैग कोड ऑफ इंडिया के प्रावधानों की जानकारी दी गई। राष्ट्रीय ध्वज की गरिमा तथा सम्मान बनाए रखने के संबंध में आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।
देश की आजादी में बख्तर साय और मुंडल सिंह ने जान दी, पर कर्मभूमि है उपेक्षित
रायडीह के बख्तर साय और मुंडल सिंह ऐसे योद्धा रहे हैं, जिनका देश की आजादी में महत्वपूर्ण योगदान रहा है। लेकिन जिस जगह अंग्रेजों से लड़ते हुए उन्होंने जान गंवाई थी, वह जगह आज भी उपेक्षित है। इस कारण वंशज और प्रखंडवासी खुद को उपेक्षित मान रहे हैं। शहीद बख्तर साय गुमला जिले के नवागढ़ बासुदेवकोना के जागीरदार थे। अंग्रेजों की कूटनीति, लूटनीति, अत्याचार के विरोध में उन्होंने क्रांति का उद्घोष किया। अंग्रेजों के कहने पर तत्कालीन रातू महाराजा ने अपने आदमी हीरा राम को क्षेत्र के लोगों से कर-चुंगी वसूली करने भेजा था। चूंकि यह उनके शासकीय क्षेत्र में आता था। लेकिन बख्तर ने वसूली करने आए हीरा का सिर काटकर वापस महाराजा के पास भेज दिया। इससे वे अत्यंत क्रोधित हो गए। उन्होंने इसकी सूचना ईस्ट इंडिया कंपनी को दी। 11 फरवरी 1812 को रामगढ़ मजिस्ट्रेट ने लेफ्टीनेंट एच.ओ. डोनेल के नेतृत्व में हजारीबाग की सैन्य टुकड़ी को नवागढ़ के जागीरदार को पकड़ने के लिए भेजा। बख्तर साय की मदद करने के लिए गुमला पनारी से मुंडल सिंह भी आ गए। वे उस समय पहाड़ पनारी परगना के परगनैत थे। दोनों ने मिलकर स्थानीय जनजातीय युवकों तथा किसानों की सेना तैयार की। उन्होंने अंग्रेजों के खिलाफ आंदोलन का बिगुल फूंक दिया। उन्होंने अंग्रेजों को अनेक बार पराजित किया। दोनों के साथ सैकड़ों आंदोलनकारियों ने अपने पारंपरिक हथियार तीर-धनुष, तलवार, बरछे और देशी जुगाड़ के साथ अपना आशियाना बासुदेवकोना गढ़पहाड़ को चुना। गढ़पहाड़ में अभी भी अनेक गुफाएं हैं। उनमें वे छिपते थे। वे अंग्रेजों पर वार भी करते थे। बख्तर साय और मुंडल सिंह ने अपनी सेना के साथ गढ़पहाड़ के ऊपर बड़े-बड़े पत्थरों को लव की रस्सियों से बांधकर रखा था। वे पत्थरों का उपयोग अंग्रेजों को मारने के लिए करते थे। जब अंग्रेजों की बड़ी सेना गढ़पहाड़ पर हमला करने के लिए चढ़ रही थी। उसी दौरान लव की रस्सियों से बंधे पत्थरों की रस्सियां काट दी गईं। इसमें अंग्रेजों के ग्यारह सौ सैनिक गढ़पहाड़ से नीचे पत्थरों के साथ गिरते गए। वे मरते गए। गढ़पहाड़ में खून की नदी बहने लगी। गढ़पहाड़ के नीचे, जहां अंग्रेजों की बड़ी सेना मारी गई, वहां एक तालाब है। उसे आज भी लोग रक्तबाध के नाम से जानते हैं। उस घटना से अंग्रेज उग्र हो चुके थे। हजारीबाग से और बड़ी सेना भेजी गई। उन्होंने जनजातीय क्रांतिकारियों को छल से गिरफ्तार कर लिया। बख्तर साय व मुंडल सिंह पकड़े गए। उन्हें अंग्रेज कलकत्ता ले गए। 4 अप्रैल 1812 को फोर्ट विलियम, कोलकाता में उन्हें फांसी पर चढ़ा दिया गया। मरकर भी ये बलिदानी अमर हो गए। जिनकी गाथा आज भी लोग गाते हैं।
गुमला में त्वचा संबंधी स्वास्थ्य िशविर कल
झारखंड के चर्म, कुष्ठ, थायरॉइड एवं गुप्त रोग विशेषज्ञ डॉ. संदीप 16 अगस्त (रविवार) को गुमला में मरीजों की जांच एवं परामर्श देंगे। यह शिविर पालकोट रोड स्थित नीलेश मेडिकल हॉल में सुबह 10 बजे से दोपहर 1 बजे तक आयोजित किया जाएगा। जानकारी देते हुए मेडिकल हॉल संचालक दिलीप नीलेश ने बताया कि इस दौरान मरीजों को त्वचा संबंधी विभिन्न बीमारियों, बाल झड़ने, समय से पहले बाल सफेद होने, नाखूनों से जुड़ी समस्याओं, कुष्ठ रोग, थायरॉइड तथा अन्य संबंधित रोगों के लिए जांच एवं चिकित्सकीय परामर्श उपलब्ध कराया जाएगा।
एटीएम कार्ड नहीं है, फिर भी कार्ड से 1.17 लाख की निकासी
सदर थाना क्षेत्र के जामटोली निवासी 50 वर्षीय धनेश्वर साहू के बैंक खाते से एटीएम के माध्यम से 1 लाख 17 हजार रुपये की अवैध निकासी कर ली गई। चौंकाने वाली बात यह है कि पीड़ित का दावा है कि उन्होंने आज तक न तो एटीएम कार्ड बनवाया और न ही उसके लिए आवेदन किया। इसके बावजूद उनके खाते से एटीएम के जरिए रकम निकाल ली गई। शुक्रवार को धनेश्वर साहू ने सदर थाना पहुंचकर लिखित आवेदन सौंपते हुए मामले की जांच और कार्रवाई की मांग की। आवेदन में उन्होंने बताया कि 20 से 24 जुलाई के बीच अलग-अलग समय पर उनके खाते से कुल 1 लाख 17 हजार रुपये निकाल लिए गए। जब उन्हें खाते से राशि गायब होने की जानकारी मिली तो वे बैंक पहुंचे, जहां खाते का विवरण देखने पर एटीएम से निकासी होने की बात सामने आई। पीड़ित का कहना है कि उनके पास कभी एटीएम कार्ड नहीं रहा, इसलिए उनके खाते से एटीएम के माध्यम से निकासी होना कई गंभीर सवाल खड़े करता है। उन्होंने आशंका जताई कि किसी ने फर्जी तरीके से एटीएम जारी कर या बैंकिंग प्रणाली का दुरुपयोग कर उनके खाते से पैसे निकाल लिए हैं। सदर थाना पुलिस ने आवेदन प्राप्त कर जांच शुरू कर दी है।
गरीबों, मजदूरों व भूमिहीनों की मांगों को लेकर झामस ने दिया धरना
झारखंड ग्रामीण मजदूर सभा के बैनर तले शुक्रवार को सरिया प्रखंड मुख्यालय के समक्ष एक दिवसीय धरना दिया गया। धरना के दौरान गरीबों, मजदूरों, भूमिहीनों, आदिवासियों और अन्य वंचित वर्गों की विभिन्न मांगों को लेकर सरकार के खिलाफ आवाज बुलंद की गई। कार्यक्रम की अध्यक्षता पवन महतो ने की, जबकि संचालन धानेश्वर पासवान ने किया। झामस के महासचिव सीताराम सिंह मुख्य रूप से मौजूद रहे। धरना को संबोधित करते हुए सीताराम सिंह ने कहा कि केंद्र और राज्य सरकार की नीतियों के कारण गरीब, मजदूर और भूमिहीन वर्ग परेशान हैं। उन्होंने मांग की कि जहां गरीब परिवार बसे हुए हैं, उन्हें पीपी एक्ट 1947 के तहत बासगीत पर्चा दिया जाए। साथ ही सभी भूमिहीनों को पांच डिसमिल जमीन उपलब्ध कराने और पंचायत स्तर पर भूमिहीनों के लिए आवासीय कॉलोनी बनाने की मांग की गई। प्रवासी श्रमिकों की सुरक्षा और रोजगार की गारंटी के लिए कानून बनाने की भी मांग रखी गई। तीन हजार रुपये प्रतिमाह करने, शिक्षा के निजीकरण पर रोक लगाने और सरकारी विद्यालयों की व्यवस्था बेहतर करने की मांग की। सूखाग्रस्त क्षेत्र घोषित कर ग्रामीणों को रोजगार उपलब्ध कराने की मांग भी उठाई गई।
212 बच्चों के भविष्य और सेहत से खिलवाड़,गैस नहीं मिलने से रसोइयों की बढ़ी परेशानी
भरनो प्रखंड के डोम्बा पंचायत अंतर्गत अम्बोवा गांव स्थित राजकीय उत्क्रमित मध्य विद्यालय अम्बोवा में इन दिनों व्यवस्था की लापरवाही साफ नजर आ रही है। गैस सिलेंडर उपलब्ध नहीं होने के कारण पिछले करीब एक महीने से विद्यालय के बच्चों के लिए मध्याह्न भोजन (एमडीएम) लकड़ी के चूल्हे पर बनाया जा रहा है। धुएं के बीच भोजन तैयार करने को मजबूर रसोइयों की सेहत पर इसका गंभीर असर पड़ रहा है। इस विद्यालय में कक्षा पहली से आठवीं तक की पढ़ाई होती है। इसमें कुल 212 छात्र-छात्राएं नामांकित हैं। बच्चों के लिए हर रोज नियमानुसार मध्याह्न भोजन तैयार किया जाता है। विद्यालय में कुल 8 शिक्षक कार्यरत हैं। इनमें 2 सरकारी शिक्षक और 6 पारा शिक्षक (सहायक अध्यापक) शामिल हैं। इतनी बड़ी संख्या में बच्चों के लिए भोजन जैसी महत्वपूर्ण योजना का सुचारू संचालन नहीं होना, और महीनों तक गैस सिलेंडर उपलब्ध न होना, विद्यालय प्रबंधन और संबंधित विभाग की कार्यशैली को कटघरे में खड़ा करता है। गुरुवार को विद्यालय परिसर का दृश्य हैरान करने वाला था। माता समिति की रसोइया तीरथमुनी देवी और बंधनिया उरांव बच्चों के लिए लकड़ी के चूल्हे पर खाना बनाती नजर आईं। रसोइयों ने अपना दर्द साझा करते हुए बताया कि पिछले एक महीने से उन्हें रसोई गैस नहीं मिल रही है। मजबूरी में उन्हें हर दिन लकड़ी जलाकर ही बच्चों का भोजन तैयार करना पड़ रहा है। उन्होंने बताया कि लकड़ी के चूल्हे पर खाना बनाने के दौरान भारी मात्रा में धुआं निकलता है। इससे आंखों में तेज जलन होती है। सांस लेने में गंभीर परेशानी होती है। इसके बावजूद बच्चों के भूखे रहने की चिंता के कारण वे मजबूरी में इसी तरह धुएं के बीच काम करने को विवश हैं। इस पूरे मामले पर जब विद्यालय के प्रभारी प्रधानाध्यापक विजय बैठा से बात की गई, तो उन्होंने बताया कि मध्याह्न भोजन का संचालन उनके द्वारा सीधे नहीं किया जाता, बल्कि यह संयोजिका के माध्यम से संचालित होता है, इसलिए वे इस विषय पर अधिक कुछ नहीं कह सकते। हालांकि उन्होंने यह भी स्वीकार किया कि पिछले करीब एक वर्ष से विद्यालय को किसी भी प्रकार का फंड नहीं मिला है, जिसके कारण विद्यालय के सुचारू संचालन में भारी कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। नीय ग्रामीणों और अभिभावकों ने संबंधित जिला प्रशासन एवं शिक्षा विभाग से मांग की है कि इस मामले की गंभीरता को समझते हुए तत्काल गैस सिलेंडर की आपूर्ति सुनिश्चित की जाए, ताकि रसोइयों को इस नारकीय स्थिति से मुक्ति मिल सके और बच्चों को समय पर सुचारू रूप से गुणवत्तापूर्ण मध्याह्न भोजन मिल सके।
टाना आंदोलन के नेता बुधू भगत पर अंग्रेजों ने रखा था एक हजार रु. का इनाम
ब्रिटिश साम्राज्यवाद के खिलाफ सत्य और अहिंसा का रास्ता टाना भगतों का आंदोलन था। यह आज भी किसी न किसी रूप में जारी है। अब भी झारखंड के टाना भगत महात्मा गांधी को अपना आदर्श मानते हैं। तिरंगे की पूजा करते हैं। वे झूठ नहीं बोलते। सात्विक जीवन जीने में विश्वास रखते हैं। टाना भगतों का यह आंदोलन चिंगारी से शुरू हुआ। यह इतना प्रभावशाली हुआ कि महात्मा गांधी भी इसके मुरीद हुए। झारखंड में चलने वाले तमाम हथियारबंद विद्रोहों के समानांतर टाना भगतों का अहिंसात्मक सत्याग्रह आंदोलन अंग्रेजों के खिलाफ चले संघर्ष के इतिहास का नया अध्याय खोलता है। मुंडा समुदाय के लोग विभिन्न इलाकों में हथियारबंद विद्रोह के जरिए ब्रिटिश साम्राज्यवाद को चुनौती दे रहे थे। दूसरी तरफ टाना भगत सत्य और अहिंसा के बलबूते अंग्रेजों से लड़ रहे थे। गुमला जिले के विभिन्न इलाकों में टाना आंदोलन के नेता बुधू भगत थे। बुधू भगत पर अंग्रेजों ने उस जमाने में एक हजार रुपये का इनाम रखा था। अंग्रेजों के कप्तान इम्पे ने उन्हें गिरफ्तार किया। इसी आंदोलन के क्रम में सत्याग्रही टाना भगतों पर अंग्रेजों की गोली चली। कई लोग मारे गए। इसके बाद पिठोरिया, रांची के तत्कालीन कमिश्नर टॉमस विलकिंसन के कैंप को भगतों ने घेर लिया। 20वीं सदी में पहले जतरा उरांव का जन्म गुमला के बिशुनपुर प्रखंड अंतर्गत चिंगरी गांव में हुआ था। कुछ लोग जतरा टाना भगत को टाना आंदोलन का जनक मानते हैं। कुछ लोगों का कहना है कि उनसे पहले टाना आंदोलन के जनक बुधू भगत थे। जतरा भगत के स्मारक स्थल के शिलालेख में जो अंकित है। उसके आधार पर उनका जन्म 1888 में हुआ। आज भी टाना भगत सत्य - अहिंसा के मार्ग पर चलते हैं। जतरा ने तुलसी और तिरंगा पूजा का मंत्र दिया जतरा ने अपने अनुयायों को तुलसी पूजा, तिरंगा पूजा, जनेउ धारण व झूठ नहीं बोलने का मंत्र दिया। इसी की अलख जगाते-जगाते टाना भगत के अनेकों अनुयायी बन गए। इससे अंग्रेज घबरा गए। अभियोग लगाकर उन्हें गिरफ्तार किया गया। डेढ़ वर्ष की सजा हुई। सजा काट निकलने के बाद जतरा बीमार हो गए। उनकी मौत बीमार अवस्था में 1916 ईस्वी को हुई।
जिले में खरीफ फसलों की खेती लक्ष्य की तुलना में अलग-अलग गति से चल रही है। 14 अगस्त तक मक्का की बुआई 80.75 प्रतिशत और धान की रोपनी 71.98 प्रतिशत लक्ष्य तक पहुंच गई है। वहीं दलहन, मोटे अनाज और तेलहन की खेती अब भी लक्ष्य से काफी पीछे है। अगस्त में सामान्य से कम बारिश होने के कारण खरीफ फसलों की खेती पर असर पड़ने की आशंका है। हालांकि, शुक्रवार को हुई झमाझम बारिश से किसानों को कुछ राहत मिली है। जिले में इस खरीफ मौसम में 52 हजार हेक्टेयर क्षेत्र में धान की रोपनी का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। इसके विरुद्ध 14 अगस्त तक 71.98 प्रतिशत क्षेत्र में धान की रोपनी पूरी कर ली गई है। लगातार पर्याप्त बारिश नहीं होने के कारण कई किसानों को सिंचाई के वैकल्पिक साधनों का सहारा लेना पड़ रहा है। मौसम विभाग के अनुसार बंगाल की खाड़ी में बन रहे निम्न दबाव के क्षेत्र के प्रभाव से झारखंड में बारिश का दौर जारी है। विभाग ने 17 अगस्त तक जिले में भारी बारिश की संभावना को लेकर अलर्ट जारी किया है। मौसम के बदलते मिजाज को देखते हुए लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है। मक्का की बुआई सबसे बेहतर, तेलहन की खेती महज 21.51 प्रतिशत फसलवार आंकड़ों के अनुसार मक्का की बुआई सबसे बेहतर स्थिति में है। निर्धारित लक्ष्य के विरुद्ध अब तक 80.75 प्रतिशत क्षेत्र में मक्का की खेती हो चुकी है। इसके बाद धान की उपलब्धि 71.98 प्रतिशत रही। वहीं कुल दलहन की बुआई 31.38 प्रतिशत और मोटे अनाज की खेती 40.53 प्रतिशत लक्ष्य तक ही पहुंच सकी है। तेलहन की खेती की स्थिति सबसे कमजोर है। जिले में 860 हेक्टेयर क्षेत्र में तेलहन की खेती का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। इसके विरुद्ध अब तक केवल 185 हेक्टेयर में ही खेती हो सकी है। यह लक्ष्य का महज 21.51 प्रतिशत है। कृषि विभाग की ओर से किसानों को खरीफ फसलों की खेती के लिए प्रोत्साहित करने और निर्धारित लक्ष्य हासिल करने पर विशेष जोर दिया जा रहा है। अगस्त में सामान्य से 219.64 मिमी कम बारिश जिले में अगस्त महीने में सामान्य तौर पर 302.60 मिमी बारिश होनी चाहिए, लेकिन अब तक केवल 82.96 मिमी वर्षा दर्ज की गई है। इस तरह सामान्य बारिश की तुलना में जिले में 219.64 मिमी कम बारिश हुई है। बारिश की कमी से खरीफ फसलों की खेती प्रभावित होने की आशंका बनी हुई है। कई दिनों से जारी उमस और गर्मी के बीच शुक्रवार को मानसून ने एक बार फिर रफ्तार पकड़ी। दोपहर बाद जामताड़ा जिले के विभिन्न इलाकों में मूसलाधार बारिश हुई। इससे जहां लोगों को उमस भरी गर्मी से राहत मिली, वहीं कई स्थानों पर जलजमाव के कारण परेशानी भी हुई। दिनभर रुक-रुककर हुई बारिश से मौसम सुहाना बना रहा। बारिश से किसानों के चेहरे भी खिल उठे हैं। किसानों का कहना है कि धान की फसल के लिए यह बारिश काफी उपयोगी साबित होगी। खेतों में पर्याप्त नमी मिलने से धान की रोपनी और फसल के विकास में तेजी आने की उम्मीद है। किसानों ने बारिश के बाद बेहतर पैदावार की संभावना जताई है।
वरिष्ठ अधिवक्ता सुरेश प्रसाद सिंह का निधन, न्यायिक कार्य रहा ठप
जामताड़ा जिला अधिवक्ता संघ के वरिष्ठ अधिवक्ता सुरेश प्रसाद सिंह का गुरुवार देर शाम हृदय गति रुकने से निधन हो गया। उन्होंने रांची के पल्स अस्पताल में अंतिम सांस ली। खबर मिलते ही जामताड़ा के अधिवक्ताओं में शोक की लहर दौड़ गई। इसके बाद पार्थिव शरीर जामताड़ा लाया गया। शुक्रवार को जिला अधिवक्ता संघ परिसर में शोकसभा हुई। संघ के अधिवक्ताओं ने दो मिनट का मौन रखा। दिवंगत अधिवक्ता की आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना की। शोकसभा के बाद अधिवक्ताओं ने न्यायिक कार्य से खुद को अलग रखा। अधिवक्ता संघ के अध्यक्ष मोहनलाल बर्मन ने कहा, सुरेश प्रसाद सिंह का जन्म 1957 में हुआ था। उन्होंने 1992 में जिला अधिवक्ता संघ में योगदान दिया था। तब से लगातार अधिवक्ता के रूप में सेवाएं देते रहे। वह कुछ दिनों से अस्वस्थ थे। रांची के अस्पताल में इलाज चल रहा था। संघ के उपाध्यक्ष मनोज कुमार सिंह ने कहा, सुरेश प्रसाद सिंह ने अधिवक्ता के साथ पत्रकारिता के क्षेत्र में भी योगदान दिया। वह मेडिएटर के रूप में भी जिम्मेदारी निभा चुके थे। उनके निधन से अधिवक्ता समाज को अपूरणीय क्षति हुई है। संघ के सचिव अरविंद सरकार ने इसे अधिवक्ता समाज के लिए गहरा आघात बताया।
गांधी मैदान में आज शान से लहराएगा तिरंगा, तैयारी पूरी
स्वतंत्रता दिवस समारोह को लेकर जिला प्रशासन की तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। 15 अगस्त को शहर के गांधी मैदान में आयोजित मुख्य समारोह में शान से तिरंगा लहराया जाएगा मंत्री डॉ. इरफान अंसारी झंडोत्तोलन करेंगे । समारोह को लेकर सुरक्षा, मंच, बैठने, ध्वनि व्यवस्था सहित सभी आवश्यक तैयारियों को अंतिम रूप दे दिया गया है। उपायुक्त आलोक कुमार के मिनट-टू-मिनट कार्यक्रम की रूपरेखा भी जारी कर दी गई है। निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार उपायुक्त सुबह 7:40 बजे अपने आवासीय कार्यालय में झंडोत्तोलन करेंगे। इसके बाद शहर के विभिन्न चौक-चौराहों पर स्थापित महापुरुषों की प्रतिमाओं पर माल्यार्पण करते हुए गांधी मैदान पहुंचेंगे। उपायुक्त सुबह 8:15 बजे आवासीय कार्यालय से वीर कुंवर सिंह प्रतिमा स्थल के लिए रवाना होंगे। 8:23 बजे टावर चौक स्थित वीर कुंवर सिंह की प्रतिमा पर माल्यार्पण करेंगे। इसके बाद 8:26 बजे सुभाष चौक पहुंचकर नेताजी सुभाषचंद्र बोस की प्रतिमा पर श्रद्धासुमन अर्पित करेंगे। महापुरुषों की प्रतिमाओं पर माल्यार्पण कर करेंगे श्रद्धासुमन अर्पित सुबह 8:30 बजे एसबीआई मुख्य शाखा परिसर स्थित महात्मा गांधी की प्रतिमा और 8:33 बजे निबंधन कार्यालय के समीप बाबा साहेब डॉ. भीमराव आंबेडकर की प्रतिमा पर माल्यार्पण किया जाएगा। इसके बाद 8:35 बजे बिरसा मुंडा की प्रतिमा तथा 8:38 बजे इलाहाबाद बैंक के समीप सिद्धो-कान्हू मुर्मू की प्रतिमा पर श्रद्धासुमन अर्पित करेंगे। 8:40 बजे गांधी मैदान पहुंचेंगे उपायुक्त,मंत्री का करेंगे स्वागत उपायुक्त सुबह 8:40 बजे गांधी मैदान पहुंचेंगे और शहीद स्मारक पर माल्यार्पण करेंगे। इसके बाद मंत्री डॉ. इरफान अंसारी का स्वागत करते हुए मुख्य स्वतंत्रता दिवस समारोह में शामिल होंगे। समारोह में ध्वजारोहण के साथ विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। मुख्य समारोह के बाद उपायुक्त सुबह 9:45 बजे गांधी मैदान से समाहरणालय के लिए रवाना होंगे। 10:10 बजे समाहरणालय पहुंचकर झंडोत्तोलन करेंगे। इसके बाद 10:15 बजे पुलिस अधीक्षक कार्यालय, 10:25 बजे जिला परिषद कार्यालय, 10:55 बजे उपायुक्त न्यायालय और 11 बजे अनुमंडल कार्यालय में आयोजित झंडोत्तोलन समारोह में शामिल होंगे। सुरक्षा व्यवस्था को दिया गया अंतिम रूप स्वतंत्रता दिवस समारोह को लेकर गांधी मैदान में सुरक्षा व्यवस्था के साथ मंच, बैठने की व्यवस्था, ध्वनि प्रणाली और अन्य तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। जिला प्रशासन की ओर से समारोह को व्यवस्थित, शांतिपूर्ण और गरिमामय तरीके से संपन्न कराने के लिए सभी आवश्यक इंतजाम किए गए हैं।
मॉडर्न पब्लिक आवासीय विद्यालय में स्वतंत्रता दिवस पर खेल प्रतियोगिताएं
कुंडहित मुख्यालय स्थित मॉडर्न पब्लिक आवासीय विद्यालय में स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर शुक्रवार को विभिन्न खेलकूद प्रतियोगिताएं कराई गईं। अलग-अलग कक्षाओं के छात्र-छात्राओं ने भाग लिया। स्कूल परिसर में दिनभर गतिविधियां चलीं। कार्यक्रम की शुरुआत प्रधानाध्यापक भजहरि मंडल और शिक्षकों ने दीप प्रज्वलित कर की। इसके बाद कक्षा के अनुसार खेल आयोजित हुए। छोटे बच्चों के लिए बिस्किट रेस, चप्पल चोर, बोरा दौड़ और म्यूजिकल चेयर कराई गई। बड़े वर्ग के लिए अंक दौड़, बेलन फोड़, सुई-धागा रेस, हांडी फोड़ और चम्मच रेस हुई। नर्सरी की बिस्किट रेस में किरण रक्षित प्रथम रहीं। यूकेजी की चप्पल चोर प्रतियोगिता में हिमांशु सोरेन विजेता बने। म्यूजिकल चेयर में नेहा लोहार ने पहला स्थान हासिल किया। हांडी फोड़ में दिव्येंदु पाल प्रथम रहे। प्रतियोगिताओं के दौरान शिक्षक और बच्चों के बीच वॉलीबॉल मैच भी कराया गया, जिसमें शिक्षकों की टीम जीती। कबड्डी प्रतियोगिता में देवेंद्र की टीम ने जीत दर्ज की। भजहरि मंडल ने कहा कि खेल बच्चों के शारीरिक और मानसिक विकास में मदद करते हैं। विद्यालय प्रबंधन के अनुसार प्रथम, द्वितीय और अन्य स्थान पाने वाले प्रतिभागियों को 15 के कार्यक्रम में पुरस्कृत किया जाएगा।
जामताड़ा में विहिप-बजरंग दल ने निकाली रैली, अखंड भारत संकल्प दिवस मनाया
विश्व हिंदू परिषद और बजरंग दल ने अखंड भारत संकल्प दिवस मनाया। संगठनों के कार्यकर्ताओं ने शहर में रैली निकाली। रैली के दौरान राष्ट्र की एकता, अखंडता और सांस्कृतिक विरासत की रक्षा का संकल्प लिया गया। रैली में महात्मा गांधी, नेताजी सुभाष चंद्र बोस सहित अन्य महापुरुषों की प्रतिमाओं पर माल्यार्पण किया। प्रतिभागियों ने श्रद्धांजलि भी दी। कार्यक्रम में विहिप के जिला अध्यक्ष अनूप राय ने कहा कि यह दिन केवल इतिहास को याद करने का अवसर नहीं है। उन्होंने इसे राष्ट्र के प्रति कर्तव्य और संकल्प दोहराने का दिन बताया। राय ने कहा कि भारत को केवल भूभाग के रूप में नहीं देखा जा सकता। उन्होंने 14 अगस्त को देश के विभाजन की पीड़ा से जोड़ते हुए कहा कि उस दौर में बड़ी संख्या में परिवार उजड़ गए थे। लाखों लोग विस्थापित हुए थे। अनूप राय ने कहा कि संगठन का संकल्प किसी व्यक्ति, जाति या समुदाय के खिलाफ नहीं है। उन्होंने कहा कि लक्ष्य राष्ट्रीय स्वाभिमान, सांस्कृतिक विरासत, देश की एकता की रक्षा है। उन्होंने जाति, क्षेत्र, भाषा के आधार पर भेदभाव और विवाद से बचने की बात कही। युवाओं से इतिहास पढ़ने, भारतीय संस्कृति समझने, राष्ट्र निर्माण में सक्रिय भूमिका निभाने की अपील की गई। कार्यक्रम में भाजपा जिलाध्यक्ष सुमित शरण, विहिप, बजरंग दल, भाजपा के कार्यकर्ता शामिल हुए।
किसानों को समय पर बीज-उर्वरक उपलब्ध कराने का दिया निर्देश
उपायुक्त सह जिला दंडाधिकारी आलोक कुमार के निर्देश पर शुक्रवार को उप विकास कार्यालय प्रकोष्ठ में कृषि, उद्यान, आत्मा एवं भूमि संरक्षण विभाग की समीक्षा बैठक हुई। बैठक की अध्यक्षता उप विकास आयुक्त असीम किस्पोट्टा ने की। इसमें विभागों की योजनाओं की प्रगति की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को लक्ष्य के अनुरूप किसानों को लाभ पहुंचाने का निर्देश दिया गया। बैठक में वार्षिक कृषि योजना, बीज वितरण, मृदा स्वास्थ्य जांच, समेकित बिरसा ग्राम विकास योजना सह कृषक पाठशाला, फसल सुरक्षा कार्यक्रम, अम्लीय मृदा सुधार और उर्वरक की उपलब्धता सहित विभिन्न योजनाओं की समीक्षा की गई। खरीफ बीज वितरण की स्थिति की भी जानकारी ली गई। उप विकास आयुक्त ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि किसानों को निर्धारित समय पर बीज, उर्वरक और कीटनाशक उपलब्ध कराया जाए, ताकि खेती के कार्य में किसी तरह की परेशानी नहीं हो। उर्वरक की बिक्री निर्धारित मूल्य पर सुनिश्चित करने को लेकर भी अधिकारियों को विशेष निर्देश दिए गए। उन्होंने कहा कि योग्य लाभुकों को विभागीय गाइडलाइन के अनुसार योजनाओं का लाभ मिले और योजनाओं के क्रियान्वयन में पारदर्शिता बरती जाए। उद्यान विभाग के तहत संचालित विभिन्न योजनाओं और कार्यों की भी समीक्षा की गई। इसके अलावा भूमि संरक्षण विभाग की योजनाओं की प्रगति की जानकारी ली गई। इसमें तालाब जीर्णोद्धार, पंपसेट वितरण, डीप बोरिंग, परकोलेशन टैंक, ट्रैक्टर सहित अन्य योजनाएं शामिल थीं। उप विकास आयुक्त ने सभी योजनाओं को निर्धारित लक्ष्य के अनुरूप समय पर पूरा करने का निर्देश दिया। बैठक में जिला कृषि पदाधिकारी, भूमि संरक्षण पदाधिकारी सहित संबंधित विभागों के अधिकारी मौजूद थे।
कामडारा में फुटबॉल टूर्नामेंट आज, तैयारी पूरी
कामडारा मिशन मैदान पर स्वतंत्रता दिवस के मौके पर आयोजित फुटबॉल टूर्नामेंट मैच का उद्घाटन मुख्य अतिथि विधायक जिगा सुसारन होरो करेंगे।उक्त आशय की जानकारी एमएफसी कामडारा के अध्यक्ष अमन तोपनो ने देते हुए बताया कि इसके अलावा विशिष्ट अतिथि जिला परिषद सदस्य दीपक कंडुलना और प्रखंड प्रमुख सुनील सुरीन को आमंत्रित किया गया है।टूर्नामेंट में आसपास के कुल 16 टीम भाग लेंगी। इसे सफल बनाने के लिये विकास कुमार,अमनदीप टोपनो सहित स्थानीय युवकों के द्वारा महत्वपूर्ण योगदान दे रहे हैं।
पत्रकार व अधिवक्ता सुरेश प्रसाद सिंह का निधन
जामताड़ा के वरिष्ठ पत्रकार एवं अधिवक्ता सुरेश प्रसाद सिंह का निधन हो गया। वे पिछले कुछ समय से अस्वस्थ चल रहे थे और उनका इलाज रांची में चल रहा था। इलाज के दौरान उन्होंने अंतिम सांस ली। उनके निधन की खबर मिलते ही जामताड़ा के पत्रकारिता और विधि जगत में शोक की लहर दौड़ गई। सुरेश प्रसाद सिंह ने पत्रकारिता और विधि के क्षेत्र में लंबे समय तक अपनी सेवाएं दीं। अपने कार्यों और व्यवहार से उन्होंने समाज में विशिष्ट पहचान बनाई थी। पत्रकारिता के क्षेत्र में उन्होंने स्थानीय समस्याओं और जनहित के मुद्दों को प्रमुखता से उठाया। वहीं, अधिवक्ता के रूप में भी उन्होंने लोगों को न्याय दिलाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। उनके निधन को जामताड़ा के पत्रकारिता जगत के लिए अपूरणीय क्षति बताया जा रहा है। वे अपने पीछे भरा-पूरा परिवार छोड़ गए हैं। उनके निधन पर जामताड़ा प्रेस क्लब ने गहरा शोक व्यक्त किया। प्रेस क्लब के सदस्यों ने दिवंगत आत्मा को भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए ईश्वर से उनकी आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना की। पत्रकारों और अधिवक्ताओं ने सुरेश प्रसाद सिंह के निधन पर शोक जताते हुए कहा कि समाज और पत्रकारिता के क्षेत्र में उनके योगदान को लंबे समय तक याद किया जाएगा।
48 घंटे में गिरफ्तारी के आश्वासन के बाद सड़क से हटे लोग , खुला जाम
थाना क्षेत्र के हेसला स्थित जीटी रोड सर्विस रोड पर कपसा मोड़ के समीप गुरुवार देर रात अज्ञात अपराधियों ने 32 वर्षीय युवक मिथिलेश यादव की हत्या कर दी। शुक्रवार सुबह घटना की जानकारी मिलते ही मौके पर ग्रामीणों की भीड़ जुट गई। हत्या से आक्रोशित लोगों ने सुबह करीब छह बजे जीटी रोड सिक्सलेन को जाम कर दिया। करीब ढाई घंटे तक यातायात बाधित रहा। अधिकारियों के 48 घंटे के भीतर अपराधियों की गिरफ्तारी के आश्वासन के बाद सुबह 8:30 बजे जाम हटाया गया। मृतक हेसला निवासी मिथिलेश यादव अविवाहित था और गांव में बाइक सर्विस सेंटर चलाता था। उसके पिता का पूर्व में निधन हो चुका है। बताया गया कि मिथिलेश लंबे समय से भाजपा से जुड़ा था और वर्तमान में बगोदर के औरा मंडल में संगठन मंत्री के पद पर कार्यरत था। उसकी हत्या की खबर से भाजपा कार्यकर्ताओं में भी आक्रोश है। सड़क जाम के कारण जीटी रोड के दोनों ओर सैकड़ों वाहनों की लंबी कतार लग गई और यातायात पूरी तरह ठप हो गया। सूचना मिलने पर बगोदर विधायक नागेंद्र महतो, पूर्व विधायक विनोद कुमार सिंह, एसडीपीओ धनंजय कुमार राम, उप प्रमुख हरेंद्र सिंह, माले नेता रामेश्वर यादव व पूरन महतो, सांसद प्रतिनिधि महेश मिश्रा समेत बड़ी संख्या में पुलिस बल मौके पर पहुंचा। अधिकारियों ने ग्रामीणों को समझाकर शांत कराया और जल्द कार्रवाई का भरोसा दिया। पुलिस गश्ती दल पर ग्रामीणों ने उठाए सवाल जाम के दौरान ग्रामीणों ने पुलिस प्रशासन की कार्यशैली पर नाराजगी जताई। लोगों का आरोप था कि रात के समय इलाके में पुलिस गश्ती पर्याप्त नहीं होती, जिससे अपराधियों का मनोबल बढ़ रहा है। ग्रामीणों के अनुसार, हाल के दिनों में क्षेत्र में छिनतई की दो घटनाएं भी हुई हैं, जिनका अब तक खुलासा नहीं हुआ है। लोगों ने कहा कि मुख्य मार्ग के किनारे हत्या की घटना पुलिस गश्ती व्यवस्था पर सवाल खड़े करती है। माथे और हाथ पर मिले कई चोट के निशान पुलिस के अनुसार, मृतक के माथे और हाथ पर चोट के निशान मिले हैं। मिथिलेश देर रात घर से कपसा मोड़ स्थित बाइपास रोड तक कैसे पहुंचा और किन परिस्थितियों में उसकी मौत हुई, पुलिस इसकी जांच कर रही है। मामले की गंभीरता को देखते हुए हजारीबाग से डॉग स्क्वायड की टीम भी बुलाई गई। टीम ने सुबह करीब 10:30 से 11:30 बजे तक घटनास्थल और आसपास के इलाकों की जांच की, लेकिन कोई ठोस सुराग नहीं मिल सका। जल्द होगा हत्याकांड का खुलासा : एसडीपीओ एसडीपीओ धनंजय कुमार राम ने बताया कि पुलिस सभी संभावित पहलुओं पर गहनता से जांच कर रही है। घटनास्थल से जुटाए गए साक्ष्यों के आधार पर अपराधियों की पहचान का प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि जल्द ही हत्याकांड का खुलासा कर दिया जाएगा।
पूजा के लिए पोखर से कमल फूल तोड़ने गए दो बच्चों की डूबने से मौत; तीसरे ने बचाई अपनी जान
पचंबा थाना क्षेत्र की खावा पंचायत के रानीडीह स्थित एक पोखर में शुक्रवार सुबह दर्दनाक हादसा हो गया। देवघर से लौट रहे पिता की पूजा के लिए कमल का फूल तोड़ने गए दो मासूम बच्चों की गहरे पानी में डूबने से मौत हो गई। मृतकों की पहचान रजक टोला निवासी हार्दिक रजक (10) और प्रेम रजक (12) के रूप में हुई है। दोनों आदर्श पब्लिक स्कूल, सुग्गासार के छात्र थे। हादसे में उनके साथ गया तीसरा बच्चा बालवीर रजक (10) बाल-बाल बच गया। घटना के बाद गांव में मातम पसरा है और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। मृतक बच्चों के साथी बालवीर रजक ने बताया कि सुबह हार्दिक और प्रेम उसके पास पहुंचे थे। हार्दिक ने कहा था कि उसके पिता बोल बम यात्रा पूरी कर देवघर से लौट रहे हैं, इसलिए पूजा के लिए पोखर से कमल के फूल तोड़कर लाते हैं और इसके बाद स्कूल जाएंगे। तीनों बच्चे पोखर पहुंचे। बालवीर ने पानी में उतरने से मना कर दिया, लेकिन हार्दिक और प्रेम पानी में उतर गए। आठवां फूल तोड़ने के दौरान गहरे पानी में समा गए थे तीनों बच्चे बालवीर के अनुसार, दोनों बच्चों ने पहले सात फूल तोड़ लिए थे। इसके बाद आठवां फूल तोड़ने के लिए वे आगे बढ़े और गहरे पानी में चले गए। देखते ही देखते दोनों बच्चे पानी में डूब गए। बालवीर ने बताया कि पोखर में पानी करीब 10 फीट गहरा था। दोनों को डूबता देख वह घबरा गया और मदद के लिए चिल्लाते हुए मोहल्ले की ओर भागा। बालवीर की आवाज सुनकर स्थानीय लोग तुरंत पोखर की ओर पहुंचे। ग्रामीणों ने पानी में उतरकर दोनों बच्चों की तलाश शुरू की। करीब आधे घंटे की मशक्कत के बाद दोनों को पानी से बाहर निकाला गया। ग्रामीण आनन-फानन में दोनों को बाइक से सदर अस्पताल ले गए, जहां चिकित्सकों ने जांच के बाद दोनों को मृत घोषित कर दिया। परिजनों ने बच्चों के शवों को पोस्टमार्टम कराने से किया इनकार घटना की सूचना मिलने पर पचंबा थाना पुलिस के साथ मुखिया मोहन मंडल, उप मुखिया बासुदेव मंडल, वार्ड सदस्य बसंती देवी समेत कई जनप्रतिनिधि मौके पर पहुंचे। पुलिस और जनप्रतिनिधियों ने परिजनों को ढांढस बंधाया और शवों का पोस्टमार्टम कराने का आग्रह किया, लेकिन बदहवास परिजनों ने पोस्टमार्टम कराने से इनकार कर दिया।
सोलर प्लांट के नाम पर किसानों की जमीन लेने का विरोध, पूर्व विधायक ने आंदोलन की दी चेतावनी
गावां शुक्रवार को नीमाडीह पंचायत अंतर्गत गोरियांचू गांव में अखिल भारतीय किसान सभा की ओर से सदस्यता अभियान चलाया गया। कार्यक्रम में मुख्य रूप से पूर्व विधायक राजकुमार यादव उपस्थित हुए। इस दौरान उन्होंने किसानों को संगठन से जुड़ने का आह्वान करते हुए उनकी समस्याओं को लेकर संघर्ष तेज करने की बात कही। पूर्व विधायक राजकुमार यादव ने कहा कि गोरियांचू में सोलर प्लांट लगाने के नाम पर जडेजा कंपनी द्वारा किसानों की जमीन लिए जाने का किसान सभा विरोध करती है। उन्होंने कहा कि किसान वर्षों से इसी जमीन पर खेती कर अपने परिवार का भरण-पोषण करते आ रहे हैं। ऐसे में उनकी जमीन छीनना किसानों के हित में नहीं है। उन्होंने कहा कि यदि प्रशासन की ओर से बलपूर्वक किसानों की जमीन लेने का प्रयास किया गया तो अखिल भारतीय किसान सभा के बैनर तले आर-पार की लड़ाई लड़ी जाएगी। किसानों के हक और जमीन की रक्षा के लिए संगठन हर स्तर पर संघर्ष करेगा।
खनिज संशोधन विधेयक वापस नहीं हुआ तो आर्थिक नाकेबंदी की जाएगी : सुदिव्य कुमार
गिरिडीह लोकसभा और राज्यसभा में खान और खनिज संशोधन विधेयक, 2026 पारित होने के खिलाफ झारखंड मुक्ति मोर्चा ने आंदोलन की रणनीति तैयार की है। शुक्रवार को मुफस्सिल थाना क्षेत्र के हरसिंग राय स्थित उत्सव उपवन सभागार में आयोजित जिला स्तरीय पदाधिकारियों की बैठक में पार्टी नेताओं ने केंद्र सरकार के इस फैसले का विरोध किया। बैठक को संबोधित करते हुए झारखंड सरकार के मंत्री सुदिव्य कुमार ने कहा कि केंद्र सरकार ने जल्दबाजी में विधेयक पारित कराकर झारखंड के हितों को नुकसान पहुंचाने का काम किया है। यह झारखंड और झारखंडियों के साथ अन्याय है। उन्होंने कहा कि झारखंड इस सौतेले व्यवहार को बर्दाश्त नहीं करेगा। उन्होंने कहा कि खनिज संसाधनों से जुड़े इस विधेयक का राज्य की अर्थव्यवस्था और आम लोगों के हितों पर प्रतिकूल असर पड़ेगा।
जमुआ में आग लगने से पांच मवेशियों की मौत
जमुआ प्रखंड की तारा पंचायत स्थित तारा गांधी चौक के समीप गुरुवार देर रात रामदेव महतो के घर में अचानक आग लग गई। आग की चपेट में आने से पांच मवेशियों की झुलसकर मौत हो गई। घटना के बाद पीड़ित किसान के परिवार में मातम पसरा हुआ है। आग लगने के कारणों का तत्काल पता नहीं चल सका है। घटना की सूचना मिलते ही पंचायत के जनप्रतिनिधियों ने पहल करते हुए जमुआ पशु चिकित्सा विभाग को जानकारी दी। मुखिया प्रतिनिधि लक्ष्मण महतो और पंचायत समिति सदस्य मनोज पंडा की सूचना पर पशु चिकित्सा पदाधिकारी रंजीत सोरेन एवं मुकेश कुमार मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने मृत मवेशियों की जांच-पड़ताल कर घटना से संबंधित आवश्यक जानकारी जुटाई। विभाग की ओर से रिपोर्ट तैयार कर आगे भेजने की बात कही गई। जनप्रतिनिधियों ने बताया कि रामदेव महतो गरीब किसान हैं और मवेशियों की मौत से उन्हें काफी आर्थिक नुकसान हुआ है। उन्होंने जिला प्रशासन से आपदा राहत के तहत पीड़ित किसान को जल्द उचित मुआवजा देने की मांग की है।
झरैहिया बाबा धाम से 17 अगस्त को निकलेगी कांवर यात्रा
सावन माह के पावन अवसर पर धर्मप्रेमियों के सौजन्य से प्रत्येक वर्ष की भांति इस वर्ष भी 17 अगस्त 2026, सोमवार को तारानाखो स्थित झरैहिया बाबा धाम मंदिर से भव्य कांवर यात्रा निकाली जाएगी। यात्रा सुबह 8 बजे झरैहिया बाबा धाम मंदिर से प्रारंभ होगी। कांवर यात्रा घोड़थंभा दुर्गा मंदिर होते हुए अरखांगो स्थित उतरवाहिनी नदी पहुंचेगी। वहां श्रद्धालु पवित्र जल भरकर वापस झरैहिया बाबा धाम मंदिर पहुंचेंगे और भगवान शिव का जलाभिषेक करेंगे। यात्रा में अनुराग कुमार 51 लीटर पवित्र जल लेकर झरैहिया बाबा धाम पहुंचेंगे और बाबा का जलाभिषेक करेंगे। वहीं, सत्य सनातन सेवा समिति की ओर से कांवड़ यात्रियों एवं श्रद्धालुओं के लिए शरबत, पेयजल और फल की व्यवस्था की जाएगी। इसी दिन शाम 7 बजे गांव निवासी तुलसी नारायण राय एवं उनके परिवार के सहयोग से झरैहिया बाबा धाम में भव्य श्रृंगार पूजा का आयोजन किया जाएगा। इसे लेकर मंदिर परिसर में विशेष तैयारियां की जा रही हैं। शिविर के माध्यम से पदयात्रियों के लिए शीतल पेयजल, शरबत, ताजे फल और प्राथमिक स्वास्थ्य सुविधाओं का पुख्ता प्रबंध किया जाएगा, ताकि भक्तों को किसी प्रकार की असुविधा न हो। आयोजकों ने क्षेत्र के धर्मप्रेमियों और श्रद्धालुओं से अधिक से अधिक संख्या में कांवर यात्रा में शामिल होने तथा बाबा झरैहिया का आशीर्वाद प्राप्त करने की अपील की है।
बेंगाबाद में पांच कुंडीय गायत्री महायज्ञ, 100 लोगों ने दी आहुति
अखिल विश्व गायत्री परिवार की ओर से अखंड दीप शताब्दी वर्ष पर जन-जन को गायत्री महामंत्र की उपासना से जोड़ने के उद्देश्य से शुक्रवार को बेंगाबाद दुर्गा मंडप परिसर में पांच कुंडीय गायत्री महायज्ञ का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का संचालन पूनम गुप्ता और उर्मिला बरनवाल ने किया। कार्यक्रम की शुरुआत गुरु एवं गायत्री माता की वंदना से हुई। इसके बाद देवी-देवताओं का आह्वान कर विधिवत यज्ञ कराया गया। यज्ञ में करीब 100 महिला-पुरुष श्रद्धालुओं ने भाग लिया और अपने हाथों से यज्ञ भगवान को आहुतियां अर्पित कीं। श्रद्धालुओं ने सभी के उज्ज्वल भविष्य, सुख-समृद्धि और मंगलमय जीवन की प्रार्थना की। गायत्री परिवार के सदस्यों ने बताया कि गिरिडीह जिले के शहर और आसपास के क्षेत्रों में प्रत्येक सप्ताह कम से कम एक स्थान पर पांच कुंडीय गायत्री महायज्ञ का आयोजन किया जा रहा है। लोगों को गायत्री मंत्र की उपासना, सदाचरण, परोपकार और सत्कर्म से जोड़ना है। अभियान से अब तक सैकड़ों लोग नियमित रूप से गायत्री मंत्र की उपासना करने और अच्छे आचरण को अपने जीवन में अपनाने का संकल्प ले चुके हैं। आगामी रविवार को चैती दुर्गा मंडप परिसर, उदनाबाद में पांच कुंडीय गायत्री महायज्ञ का आयोजन किया जाएगा। कार्यक्रम में मुख्य प्रबंधक कामेश्वर सिंह, जिला समन्वयक नरेश प्रसाद यादव, रेखा देवी, शिव प्रसाद राम, अनिल राम, पूनम देवी, जय कुमार गुप्ता, मनोज गुप्ता, रीता गुप्ता समेत सहयोग रहा।
विभाजन विभीषिका स्मृति दिवस इतिहास की पीड़ा और एकता का संकल्प : राज सिन्हा
बस स्टैंड स्थित एक होटल में गुरुवार को विभाजन विभीषिका स्मृति दिवस के अवसर पर संगोष्ठी आयोजित की गई। कार्यक्रम में धनबाद विधायक राज सिन्हा मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। अध्यक्षता महानगर जिलाध्यक्ष रंजीत कुमार राय ने की, जबकि संचालन जिला महामंत्री संदीप डांगाइच और धन्यवाद ज्ञापन जिला महामंत्री सिकंदर हेमब्रम ने किया।मुख्य अतिथि विधायक राज सिन्हा ने कहा कि धर्म के आधार पर देश का विभाजन किया गया था। आज की पीढ़ी को विभाजन के दौरान हुई त्रासदी और उसके कारणों से अवगत कराना जरूरी है। कहा कि हम आज स्वतंत्रता दिवस मनाते हैं, लेकिन देश को आजादी अनेक कठिनाइयों और बलिदानों के बाद मिली। लाखों लोगों को अपने घर, जमीन-जायदाद और जन्मभूमि छोड़कर विस्थापित होना पड़ा। 14 अगस्त का दिन विभाजन विभीषिका स्मृति दिवस के रूप में उस पीड़ादायक दौर की याद दिलाता है, जब वर्ष 1947 में भारत के विभाजन के दौरान करोड़ों लोगों का जीवन प्रभावित हुआ। अनेक परिवार अपने प्रियजनों से बिछड़ गए और हजारों परिवारों ने शरणार्थी के रूप में नए स्थानों पर जीवन की शुरुआत की।जिलाध्यक्ष रंजीत कुमार राय ने कहा कि विभाजन विभीषिका स्मृति दिवस उन ज्ञात-अज्ञात लोगों के त्याग, संघर्ष और बलिदान को याद करने का अवसर है, जिन्होंने उस कठिन दौर को झेला।
धनवार में 300 फीट लंबे तिरंगे के साथ निकली यात्रा
धनवार प्रखंड अंतर्गत उत्क्रमित उच्च विद्यालय बभनी की ओर से शुक्रवार को स्वतंत्रता दिवस के पूर्व भव्य तिरंगा यात्रा निकाली गई। यात्रा में विद्यालय के छात्र-छात्राओं के साथ शिक्षक, अभिभावक एवं क्षेत्र के गणमान्य लोगों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। तिरंगा यात्रा के दौरान पूरा क्षेत्र देशभक्ति के रंग में रंगा नजर आया। तिरंगा यात्रा की शुरुआत विद्यालय परिसर से हुई। हाथों में तिरंगा लेकर देशभक्ति के जज्बे से ओत-प्रोत छात्र-छात्राएं तारानाखो होते हुए बलहारा तक पहुंचे। यात्रा के मार्ग में स्थानीय लोगों ने भी उत्साहपूर्वक सहभागिता निभाई। यात्रा में 300 फीट लंबा तिरंगा आकर्षण का प्रमुख केंद्र रहा। इसके अलावा ब्रह्मास्त्र मिसाइल की तर्ज पर तैयार की गई आकर्षक झांकियों ने भी लोगों का ध्यान खींचा। झांकियों के माध्यम से स्वतंत्रता संग्राम की गौरवशाली गाथा, राष्ट्रीय एकता तथा भारतीय सैनिकों के शौर्य और पराक्रम को जीवंत रूप में प्रस्तुत किया गया। कार्यक्रम को सफल बनाने में विद्यालय के सभी शिक्षकों, विद्यालय प्रबंधन समिति के पदाधिकारियों एवं सदस्यों तथा ग्रामीणों ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। आयोजन के सफल संचालन में प्रधानाध्यापक मो. रौनक रजा का विशेष योगदान रहा। मौके पर सिकंदर कुमार, सकेंद्र राम, प्रदीप सिंह, धीरज कुमार सिंह, दिनेश कुमार यादव, सुखदेव यादव, दर्शन कुमार, मनोहर वर्मा, भोला कुमार राय, त्रिभुवन विश्वकर्मा, मनोज कुमार धोबी, गुरुचरण रजक, विद्यालय प्रबंधन समिति की अध्यक्ष शबनम खातून, पूर्व अध्यक्ष राजेंद्र चौधरी आदि थे।
लव-कुश जयंती को लेकर कुशवाहा संघ ने चलाया अभियान
स्वतंत्रता दिवस की पूर्व संध्या पर शुक्रवार को तिसरी प्रखंड मुख्यालय देशभक्ति के रंग में सराबोर नजर आया। 15 अगस्त के अवसर पर तिसरी के गांधी मैदान से भव्य तिरंगा यात्रा निकाली गई। हाथों में राष्ट्रीय ध्वज थामे दर्जनों क्षेत्रवासी भारत माता की जय और वंदे मातरम् के जयकारे लगाते हुए यात्रा में शामिल हुए। तिरंगा यात्रा के दौरान पूरा शहर देशभक्ति के नारों से गूंज उठा। तिरंगा यात्रा गांधी मैदान से शुरू होकर थाना मोड़, एफसीआई गोदाम और सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र होते हुए पुनः गांधी मैदान पहुंचकर संपन्न हुई। यात्रा के मार्ग में लोगों ने उत्साह के साथ सहभागिता की। मौके पर भाजपा के पूर्व गिरिडीह जिलाध्यक्ष अशोक उपाध्याय, जिला मंत्री मनोज यादव, सांसद प्रतिनिधि माला सिन्हा, गोपी रविदास सहित मौजूद रहे। गिरिडीह| बाकोईया और मघईया टोला गांव में शुक्रवार को कुशवाहा संघ की ओर से लव-कुश जयंती समारोह सह शोभायात्रा को लेकर जनसंपर्क अभियान चलाया गया। जिलाध्यक्ष इंद्रनारायण प्रसाद के नेतृत्व में प्रतिनिधिमंडल ने गांव पहुंचकर लोगों को 30 अगस्त को आयोजित होने वाले समारोह में शामिल होने का निमंत्रण दिया।
रामकृष्ण विवेकानंद कॉलेज में मिट-अप कार्यक्रम
रामकृष्ण विवेकानंद कॉलेज ऑफ एजुकेशन, बगोदर में शुक्रवार को मिट-अप कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्घाटन महाविद्यालय के सचिव शैलेंद्र कुमार मालव, प्राचार्य डॉ. अरुण कुमार दुबे, विभागाध्यक्ष डॉ. जगदीश प्रसाद मेहता एवं प्रोफेसर चंद्रशेखर प्रसाद रजक ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्ज्वलित कर किया। इस अवसर पर प्राचार्य डॉ. अरुण कुमार दुबे ने प्रशिक्षुओं को संबोधित करते हुए कहा कि इस तरह के कार्यक्रम विद्यार्थियों के अंदर छिपी प्रतिभा को निखारने के साथ उन्हें ऊर्जावान और सक्षम बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। उन्होंने विद्यार्थियों से पढ़ाई के साथ रचनात्मक और सांस्कृतिक गतिविधियों में भी बढ़-चढ़कर भाग लेने का आह्वान किया। कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों ने एक से बढ़कर एक सांस्कृतिक प्रस्तुतियां देकर उपस्थित लोगों का मन मोह लिया। सलाख अंसारी ने कविता प्रस्तुत की। प्रियांशु राणा ने ‘अथे आ, मासूम चेहरा’ गीत पर नृत्य प्रस्तुत कर खूब तालियां बटोरीं। अनामिका ने टीएलएम के माध्यम से अपनी स्वरचित कविता प्रस्तुत की। राहुल और सलाख अंसारी की नाट्य प्रस्तुति ने दर्शकों को प्रभावित किया। वहीं विशेष कुमार ने ‘भटकना भी जरूरी’ विषय पर काव्य प्रस्तुति दी। इस अवसर पर महाविद्यालय के सचिव शैलेंद्र कुमार मालव ने राष्ट्रीय सेवा योजना के तहत सात दिवसीय विशेष शिविर आयोजित करने की घोषणा की। उन्होंने बताया कि शिविर का आयोजन 17 अगस्त से अडवारा में किया जाएगा। कार्यक्रम में प्रोफेसर डॉ. महतो लक्ष्मी खेमलाल, प्रोफेसर सर्वेश कुमार शुक्ला, प्रोफेसर डॉ. संजय कुमार सुमन, एनएसएस पदाधिकारी प्रशांत कुमार कुंदन, प्रोफेसर लक्ष्मी कुमारी, प्रोफेसर कमलेश कुमार पांडे, प्रोफेसर शैलेष कुमार समेत मौजूद थे।
विवादित जमीन पर दावेदारी को लेकर दो पक्षों में मारपीट
बेंगाबाद थाना क्षेत्र की ताराजोरी पंचायत अंतर्गत सामुडीह मौजा में शुक्रवार सुबह विवादित जमीन पर दावेदारी को लेकर दो पक्ष आमने-सामने आ गए। देखते ही देखते विवाद हिंसक झड़प में बदल गया और दोनों पक्षों के बीच जमकर मारपीट हुई। घटना में कुल नौ लोग घायल हो गए। घटना के बाद गांव में तनाव की स्थिति बनी हुई है। घायलों में एक पक्ष के मणिलाल हेम्ब्रम, सूरज टुडू, रूमित हेम्ब्रम, संदीप हेम्ब्रम, चुड़का किस्कू और कुसुम हेम्ब्रम तथा दूसरे पक्ष के संतोष किस्कू, मंगरा किस्कू और सुनीता किस्कू शामिल हैं। सभी घायलों को बेंगाबाद सामुदायिक अस्पताल ले जाया गया। प्राथमिक उपचार के बाद चिकित्सकों ने बेहतर इलाज के लिए सभी को गिरिडीह सदर अस्पताल रेफर कर दिया। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मामले की जांच में जुट गई। पुलिस दोनों पक्षों के आरोपों की जांच कर रही है और विवाद की वास्तविक वजह का पता लगाने का प्रयास कर रही है। घटना के बाद सामुडीह गांव में तनाव को देखते हुए पुलिस स्थिति पर नजर बनाए हुए है। मणिलाल हेम्ब्रम ने बताया कि शुक्रवार सुबह वह अपने खेत में मशीन चलाकर धान की रोपाई के लिए खेत तैयार कर रहा था। इसी दौरान जोनराबेड़ा टोला निवासी संतोष किस्कू और मंगरा किस्कू करीब 20-30 समर्थकों के साथ कथित तौर पर तीर-धनुष लेकर खेत पर पहुंचे और खेत जोतने से मना करने लगे। इसी बात को लेकर दोनों पक्षों के बीच विवाद बढ़ गया। मणिलाल का आरोप है कि दूसरे पक्ष के लोगों ने खेत में लगी मशीन में तोड़फोड़ की और लाठी-डंडे तथा लोहे की रॉड से मारपीट शुरू कर दी। मारपीट में उसके पक्ष के छह लोग घायल हुए हैं। उसने बताया कि जमीन विवाद को लेकर पूर्व में पंचायत भी हो चुकी है।इधर, दूसरे पक्ष के संतोष किस्कू ने आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि विवादित जमीन को लेकर मामला न्यायालय में चल रहा था और कोर्ट का फैसला उसके पक्ष में आया है। इसके बावजूद दूसरे पक्ष के लोग जमीन पर जबरन खेत जोतने का प्रयास कर रहे थे। मना करने पर उन्हीं लोगों ने मारपीट शुरू कर दी।
बेंगाबाद: बेटी के घर जा रहे दंपती को कार ने मारी टक्कर, पति की गई जान
करमजोरा-साठीबाद मुख्य पथ पर गेनरो के समीप शुक्रवार दोपहर दर्दनाक सड़क हादसे में बाइक सवार 63 वर्षीय कार्तिक साव की मौत हो गई, जबकि उनकी पत्नी देवंती देवी गंभीर रूप से घायल हो गईं। हादसे के बाद मौके पर लोगों की भीड़ जुट गई। आक्रोशित लोगों ने कार सवार तीन लोगों को पकड़कर उनके साथ मारपीट शुरू कर दी। सूचना मिलते ही बेंगाबाद पुलिस मौके पर पहुंची और स्थानीय लोगों के सहयोग से स्थिति को नियंत्रित किया। बताया जाता है कि गेनरो निवासी कार्तिक साव कपड़े की फेरी का काम करते थे। शुक्रवार को वह अपनी पत्नी देवंती देवी के साथ बाइक से बेटी के घर जा रहे थे। इसी दौरान गेनरो शिव मंदिर के समीप एक होटल के पास खड़ी कार को चालक पीछे की ओर मोड़ रहा था। इसी क्रम में बाइक कार की चपेट में आ गई और कार्तिक साव बाइक समेत कार में फंस गए। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, बाइक सवार को निकालने के प्रयास में कार को आगे-पीछे किया गया, जिससे कार्तिक साव गंभीर रूप से घायल हो गए। अस्पताल ले जाने के दौरान रास्ते में ही उनकी मौत हो गई। वहीं देवंती देवी को गंभीर हालत में बेंगाबाद के एक निजी क्लिनिक में भर्ती कराया गया है।कार सवारों की पहचान देवघर जिले के देवीपुर निवासी महादेव कोल्ह, बगोदर निवासी लीलो कोल्ह और जीतेंद्र कुमार महतो के रूप में हुई है। बताया गया कि तीनों ट्रांसमिशन लाइन में काम करते हैं और लुप्पी-महुआटांड़ में मजदूरों से मिलने गए थे। वहां से लौटने के बाद गेनरो शिव मंदिर के समीप होटल के पास कार खड़ी की गई थी। चालक मुर्गा खरीदकर कार में बैठा और कार को पीछे कर मोड़ने के दौरान बाइक उसकी चपेट में आ गई। घटना की सूचना पर पुलिस ने कार्तिक साव के शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए गिरिडीह सदर अस्पताल भेज दिया। पुलिस की मौजूदगी में कार सवारों और मृतक के परिजनों के बीच बातचीत भी हुई। पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है।घटना में कार्तिक साव की मौत की जानकारी मिलते ही मौके पर बड़ी संख्या में लोग जुट गए। आक्रोशित लोगों ने कार सवार तीन लोगों को पकड़ लिया और उनके साथ मारपीट शुरू कर दी। इसमें तीनों घायल हो गए। सूचना पर बेंगाबाद थाना प्रभारी अमन कुमार सिंह, एसआई विजय मंडल और रंधीर सिंह पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। स्थानीय मुखिया प्रतिनिधि सुरेंद्र सोरेन ने भी लोगों को समझाने का प्रयास किया। पुलिस और स्थानीय लोगों की पहल से मामला शांत कराया गया।
बैदाडीह में क्रिकेट टूर्नामेंट का आयोजन किया गया
स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर शुक्रवार को ग्राम पंचायत मधवाडीह के बैदाडीह गांव में क्रिकेट का रोमांच शुरू हो गया। हर वर्ष की तरह इस वर्ष भी आयोजित क्रिकेट टूर्नामेंट का शुभारंभ स्थानीय मुखिया ने किया। उद्घाटन के साथ ही मैदान में खिलाड़ियों और खेलप्रेमियों का उत्साह देखते ही बना। इस मौके पर मुखिया ने खिलाड़ियों का उत्साहवर्धन करते हुए कहा कि खेल युवाओं में अनुशासन, टीम भावना और भाईचारे की भावना विकसित करने के साथ उनकी प्रतिभा को निखारने का बेहतर माध्यम है। उन्होंने खिलाड़ियों से खेल भावना के साथ प्रतियोगिता में बेहतर प्रदर्शन करने की अपील की। टूर्नामेंट के शुभारंभ में इमरान खान, खुर्शीद खान, फिरोज खान, इमामुद्दीन और शमा अकबर समेत बड़ी संख्या में ग्रामीण एवं खेलप्रेमी मौजूद रहे।
खोरीमहुआ को जिला बनाने की मांग नगर विकास मंत्री को सौंपा आवेदन
खोरीमहुआ अनुमंडल को जिला का दर्जा देने की मांग को लेकर खोरीमहुआ जिला निर्माण संकल्प मोर्चा ने शुक्रवार को झारखंड सरकार के नगर विकास एवं उच्च शिक्षा मंत्री सुदिव्य कुमार सोनू को आवेदन सौंपा। मोर्चा अध्यक्ष दिलीप कुमार पासवान और इंद्रदेव यादव की ओर से दिए गए आवेदन में क्षेत्र की भौगोलिक, प्रशासनिक, शैक्षणिक और विकास संबंधी समस्याओं का उल्लेख करते हुए खोरीमहुआ को जिला बनाने की मांग की गई है। आवेदन में कहा गया है कि खोरीमहुआ अनुमंडल में धनवार, जमुआ, देवरी, तिसरी और गावां प्रखंड शामिल हैं। इन क्षेत्रों से गिरिडीह जिला मुख्यालय की दूरी करीब 80 से 120 किलोमीटर तक है। इससे ग्रामीणों को समाहरणालय, न्यायालय और अन्य प्रशासनिक कार्यों के लिए लंबी दूरी तय करनी पड़ती है। मोर्चा ने 2011 की जनगणना का हवाला देते हुए बताया कि पांचों प्रखंडों की कुल आबादी करीब 8.41 लाख है। धनवार की आबादी 2,67,352, जमुआ की 2,71,563, देवरी की 1,40,436, तिसरी की 73,604 और गावां की 88,594 बताई गई है। मोर्चा ने क्षेत्र की प्राकृतिक और खनिज संपदा का भी उल्लेख किया है। खोरीमहुआ क्षेत्र में कीमती पत्थर, अभ्रक, जंगल, पहाड़, नदियां, झरने और कई प्राकृतिक एवं पर्यटन स्थल हैं। गावां और तिसरी के पहाड़ी क्षेत्रों में अभ्रक समेत अन्य खनिज संपदाओं की संभावनाएं हैं। कुछ माह पूर्व भारतीय भूवैज्ञानिक सर्वेक्षण के अधिकारियों द्वारा भी क्षेत्र में अन्य खनिज संपदाओं की संभावनाओं की पुष्टि किए जाने की बात आवेदन में कही गई है। शिक्षा व्यवस्था को लेकर मोर्चा ने कहा कि उच्च शिक्षा के पर्याप्त संस्थान नहीं हैं। कॉलेजों में सीटों की कमी के कारण विद्यार्थियों को दूसरे जिलों का रुख करना पड़ता है। महिला कॉलेज, डिप्लोमा, इंजीनियरिंग और मेडिकल कॉलेज की भी कमी है। आवेदन में खोरीमहुआ की भौगोलिक स्थिति को भी जिला निर्माण के पक्ष में महत्वपूर्ण बताया गया है। इसके पूर्व में गिरिडीह, पश्चिम में कोडरमा, उत्तर में बिहार और दक्षिण में हजारीबाग जिला है। मोर्चा का कहना है कि जिला बनने से प्रशासनिक व्यवस्था मजबूत होने के साथ रोजगार, शिक्षा, स्वास्थ्य और विकास कार्यों को गति मिलेगी। मोर्चा ने मंत्री से सभी बिंदुओं पर गंभीरता से विचार कर खोरीमहुआ को जिला घोषित करने की दिशा में पहल करने की मांग की है।
पिहरा में निकाली गई भव्य तिरंगा यात्रा,वंदे मातरम' से गूंजा पूरा इलाका
पिहरा में शुक्रवार को भाजपा कार्यकर्ताओं की ओर से तिरंगा यात्रा निकाली गई। यात्रा के दौरान कार्यकर्ताओं ने हाथों में तिरंगा लेकर भारत माता की जय और वंदे मातरम् के नारे लगाए। इससे पूरा क्षेत्र देशभक्ति के रंग में रंगा नजर आया। तिरंगा यात्रा में भाजपा नेता आनन्दी यादव, राजकुमार सिंह समेत बड़ी संख्या में पार्टी कार्यकर्ता शामिल हुए। कार्यकर्ताओं ने लोगों से राष्ट्रहित में आगे आने तथा देश की एकता और अखंडता को मजबूत करने का आह्वान किया।
जेपीएससी-जेएसएससी रिफॉर्म मंच के बैनर तले आंदोलनरत छात्रों ने शुक्रवार शाम जेएसएससी सचिव सुधीर गुप्ता, उच्च एवं तकनीकी शिक्षा मंत्री सुदिव्य कुमार सोनू, ग्रामीण विकास मंत्री दीपिका पांडेय सिंह, कृषि मंत्री शिल्पी नेहा तिर्की और स्वास्थ्य मंत्री डॉ. इरफान अंसारी का पुतला फूंककर विरोध जताया। छात्र जयपाल सिंह स्टेडियम से पैदल मार्च करते हुए अलबर्ट एक्का चौक पहुंचे। इस दौरान सैकड़ों छात्र-छात्राएं हाथों में तख्तियां लेकर नारेबाजी करते रहे। अलबर्ट एक्का चौक पहुंच कर आंदोलनकारियों ने अधिकारी और मंत्रियों के हालिया बयानों के विरोध में उनका पुतला दहन किया और सरकार के खिलाफ आक्रोश व्यक्त किया। मंच का कहना है कि आंदोलन को बदनाम करने वाली बयानबाजी स्वीकार नहीं की जाएगी। छात्रों ने अपनी मांगों पर सरकार से गंभीरता से विचार करने और भर्ती परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं की निष्पक्ष जांच कराने की मांग दोहराई। पुतला दहन से पहले एसडीओ और एडीएम स्टेडियम पहुंचे और छात्रों को मंत्रियों का पुतला दहन नहीं करने को लेकर समझाया, लेकिन छात्र नहीं माने। अलबर्ट एक्का चौक पर पुतला फूंक कर जताया विरोध, 300 मी. तिरंगे के साथ पदयात्रा, राज्यभर से जुटेंगे छात्र जेपीएससी-जेएसएससी रिफॉर्म मंच शनिवार को 300 मीटर लंबे तिरंगे के साथ पदयात्रा निकालेगा। इसमें राज्य के 24 जिलों से हजारों छात्र-छात्राओं के शामिल होने का दावा किया गया है। पदयात्रा दोपहर 12 बजे जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम से शुरू होगी। इसके बाद कचहरी रोड, लालपुर चौक और अलबर्ट एक्का चौक होते हुए वापस स्टेडियम पहुंचेगी। आज दिनभर क्या-क्या होगा सुबह 10 बजे : जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम में छात्रों का जुटनादोपहर 12 बजे : 300 मीटर तिरंगे के साथ पदयात्रा शुरूरूट : जयपाल सिंह स्टेडियम से कचहरी रोड, लालपुर चौक, अलबर्ट एक्का चौक से वापस स्टेडियम।मुख्य मांग : जेएसएससी-सीजीएल परीक्षा रद्द हो और भर्ती घोटालों की सीबीआई जांच हो आंदोलन में जाने के शक में युवक को थाने में रखने का आरोप कोडरमा के सतगावां निवासी योगेंद्र रविदास ने आरोप लगाया कि 9 अगस्त की रात तीन पुलिसकर्मी उसे थाना प्रभारी के बुलावे का हवाला देकर थाने ले गए। युवक के अनुसार, उसे बताया गया कि सोशल मीडिया से सूचना मिली है, वह छात्र आंदोलन में शामिल होने रांची जाने वाला है। उसने आरोप लगाया कि उसे रातभर थाने में रखा गया और 10 अगस्त को छोड़ा गया। मामले में पुलिस की आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं मिली है।
नगर निगम के आदेश को चुनौती:हाईकोर्ट ने रद्द किया अपर बाजार में दुकान तोड़ने का निगम का आदेश
हाईकोर्ट में शुक्रवार को अपर बाजार के जालान रोड में चार दुकानदारों को दुकान खाली करने और तोड़ने से संबंधित रांची नगर निगम के आदेश को चुनौती देने वाली याचिका पर सुनवाई हुई। जस्टिस आनंद सेन की अदालत ने मामले की सुनवाई करते हुए नगर निगम के आदेश को रद्द कर दिया। अदालत ने कहा कि नगर निगम को कोई कार्रवाई करनी है तो उसे नियमानुसार प्रक्रिया का पालन करते हुए आगे बढ़ना होगा। सुनवाई के दौरान अदालत ने पाया कि निगम ने जिस व्यक्ति के नाम नोटिस जारी किया, उसकी पहले ही मृत्यु हो चुकी है। वहीं, निगम को यह जानकारी थी कि संबंधित स्थल पर आठ दुकानें संचालित हो रही हैं, लेकिन सभी दुकानदारों को नोटिस नहीं दिया गया। अदालत ने इसी आधार पर कार्रवाई के आदेश को रद्द कर दिया। प्रार्थियों की ओर से अधिवक्ता शिल्पी गाड़ोदिया ने अदालत के समक्ष पक्ष रखा। उन्होंने बताया कि जालान रोड स्थित खाली जमीन रांची नगर निगम ने दो व्यक्तियों को आवंटित की थी। बाद में निगम की अनुमति से वहां आठ लोगों ने दुकानें बनाई थीं। इसके बावजूद निगम ने जमीन खाली कराने का नोटिस जारी कर दुकानों को तोड़ने की कार्रवाई शुरू करने की बात कही थी।
फतेहपुर में भाजपा ने मनाया विभाजन विभीषिका स्मृति दिवस
भारत में प्रत्येक वर्ष 14 अगस्त को मनाए जाने वाले विभाजन विभीषिका स्मृति दिवस के अवसर पर शुक्रवार को फतेहपुर भाजपा मंडल की ओर से सरस्वती शिशु विद्या मंदिर में संगोष्ठी आयोजित की गई। कार्यक्रम की अध्यक्षता मंडल अध्यक्ष संजय कुमार मंडल ने की। मुख्य वक्ता के रूप में प्रदेश के पूर्व राज्यसभा सदस्य एवं पूर्व भाजपा प्रदेश अध्यक्ष शामिल हुए। उन्होंने कार्यक्रम का शुभारंभ करते हुए विभाजन के दौरान हुई त्रासदी को याद किया। मुख्य वक्ता ने कहा कि वर्ष 1947 में देश के विभाजन के दौरान लाखों लोगों को अपनी जान गंवानी पड़ी और बड़ी संख्या में लोग विस्थापित हुए। विभाजन की वजह से लोगों को अपनी सभ्यता, संस्कृति और भाषा तक छोड़ने के लिए मजबूर होना पड़ा। उन्होंने कहा कि विभाजन की पीड़ा को याद करते हुए आने वाली पीढ़ियों को इतिहास से अवगत कराना जरूरी है। भाजपा जिलाध्यक्ष सुमित शरण ने कहा कि विभाजन के दौरान हुई त्रासदी दोबारा न हो, इसके लिए समाज में एकता, सामाजिक सद्भाव और भाईचारे की भावना मजबूत करना आवश्यक है। भाजपा युवा नेता अमित भैया ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 14 अगस्त 2021 को प्रत्येक वर्ष विभाजन विभीषिका स्मृति दिवस मनाने की घोषणा की थी। इसका उद्देश्य विभाजन के दौरान हुए मानवीय नुकसान और विस्थापन की पीड़ा को याद करना है। मौके पर पूर्व कृषि मंत्री सत्यानंद झा बाटुल, पूर्व प्रत्याशी माधव चंद्र महतो, सुजाता भैया, निवारण मंडल, निर्मल भंडारी, शोभा कुमारी, प्रमोद गोस्वामी, नीतू मोदी, जियामुनि हेंब्रम, गोविंद साह, धनंजय दास, सुमंत बाउरी, तपन चौधरी, युधिष्ठिर यादव सहित बड़ी संख्या में कार्यकर्ता मौजूद रहे।
आईजीयू में जनसंपर्क व्यवस्था में नई नियुक्तियां
इंदिरा गांधी विश्वविद्यालय, मीरपुर-रेवाड़ी में जनसंपर्क गतिविधियों को अधिक प्रभावी और व्यवस्थित बनाने के लिए नई जिम्मेदारियां सौंपी गईं। कुलपति प्रो. असीम मिगलानी ने वाणिज्य विभाग के सहायक प्रोफेसर डॉ. संदीप पुरवा को अतिरिक्त जनसंपर्क अधिकारी का दायित्व दिया। वहीं, जनसंपर्क कार्य के अनुभव को देखते हुए प्रो. विकास बत्रा को निदेशक, जनसंपर्क की जिम्मेदारी सौंपी गई। विश्वविद्यालय के अनुसार विकास बत्रा लंबे समय से जनसंपर्क अधिकारी के रूप में सेवाएं दे रहे हैं और वर्तमान में आंतरिक गुणवत्ता आश्वासन प्रकोष्ठ के निदेशक भी हैं। नई भूमिका मिलने पर दोनों ने कुलपति और कुलसचिव प्रो. दिलबाग सिंह के प्रति आभार जताते हुए कहा कि वे विश्वविद्यालय की उपलब्धियों और प्रमुख पहलों को जनसामान्य तक प्रभावी ढंग से पहुंचाने के लिए प्रयास करेंगे।
पाली में विभाजन विभीषिका स्मृति दिवस पर व्याख्यान, बताई दर्दनाक परिस्थितियां
राजकीय महिला महाविद्यालय, पाली में विभाजन विभीषिका स्मृति दिवस के अवसर पर एक्सटेंशन लेक्चर आयोजित हुआ। कार्यक्रम में मॉडर्न इंडियन सीनियर सेकेंडरी स्कूल के अध्यक्ष कंवर सिंह यादव ने छात्राओं को विभाजन काल की दर्दनाक और भयावह परिस्थितियों से अवगत कराया। उन्होंने बताया कि विभाजन के बाद करोड़ों लोगों को अपना निवास स्थान छोड़कर पलायन करना पड़ा और लाखों लोगों की जान गई। महाविद्यालय के प्राचार्य डॉक्टर करण सिंह यादव ने भी उस समय हुई हिंसा को विभिन्न प्रसंगों के माध्यम से समझाते हुए कहा कि इतिहास की ऐसी घटनाएं मानवीय संवेदना और सामाजिक जिम्मेदारी को मजबूत करने की सीख देती हैं। व्याख्यान के बाद छात्राओं के लिए विभाजन विषयक 'टोबा टेक सिंह' फिल्म का प्रदर्शन किया गया। कार्यक्रम में महाविद्यालय के स्टाफ सदस्य उपस्थित रहे।
कॉमनवेल्थ पैरा फेंसिंग में संदीप ने जीता सिल्वर मेडल
नाइजीरिया में आयोजित कॉमनवेल्थ पैरा फेंसिंग चैंपियनशिप के फॉयल इवेंट में रोहतक के जांबाज एथलीट संदीप कुमार ने सिल्वर मेडल (रजत पदक) जीतकर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर तिरंगा लहरा दिया है। लाढौत रोड स्थित शास्त्री नगर के रहने वाले संदीप के लिए यह पदक बेहद खास है। यह उनका तीसरा अंतरराष्ट्रीय टूर्नामेंट था। यहां उन्होंने पुरानी दो हार के मलाल को पीछे छोड़ते हुए देश का नाम रोशन कर दिया। पदक जीतने के बाद संदीप ने कहा कि पिछली 2 अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में मेडल न जीत पाने का दर्द दिल में था। इस बार मैंने अपनी कमियों पर जमकर काम किया। मेरी मेहनत के साथ देशवासियों की दुआओं का भी असर रहा। जिसकी बदौलत अबकी सिल्वर मेडल जीतकर लौटा हूं। उनका अगला लक्ष्य अब दक्षिण कोरिया में होने वाली वर्ल्ड चैंपियनशिप में देश का परचम लहराना है। संदीप के खेल का सफर मुक्केबाजी से शुरू हुआ। बाद में यह ट्रैक पर दौड़ तक पहुंचा। फिर पैरा फेंसिंग तक पहुंचा, जहां उन्होंने व्हीलचेयर पर बैठकर फेंसिंग के फॉयल इवेंट में दुनिया को जीत लिया। सड़क हादसे के कारण 6 माह बिस्तर पर कटी जिंदगी संदीप के खेल सफर की शुरुआत साल 2014 में जनरल बॉक्सिंग से हुई थी। बचपन से ही पोलियोग्रस्त होने के कारण उनका एक पैर कमजोर था, लेकिन बॉक्सर विजेंदर सिंह और अपने पिता से प्रेरणा लेकर उन्होंने रिंग में सामान्य बच्चों को धूल चटाई। उन्होंने स्टेट लेवल पर गोल्ड मेडल जीता। इसके बाद साल 2017 संदीप की जिंदगी का बड़ा टर्निंग पॉइंट बना। उन्हें पैरा गेम्स के बारे में पता चला। उन्होंने पैरा एथलेटिक्स में हिस्सा लेकर दौड़ना शुरू किया। उनकी कड़ी मेहनत रंग लाई। 2019 में पैरा एथलेटिक्स वर्ल्ड चैंपियनशिप में उन्होंने दुनिया भर के धावकों के बीच चौथा स्थान हासिल किया थ्रा।
घग्गर नदी में लगातार घट रहा जलस्तर, ओटू हेड से राजस्थान की ओर ओवरफ्लो पानी बंद
सिरसा मानसून की बरसात की कमी झेल रहे सिरसा में शुक्रवार को दिनभर उमस और गर्मी रही। शाम 4 बजे के बाद मौसम ने करवट ली और आसमान में काले घने बादल छा गए। सिरसा शहर में ठंडी हवा चलने से लोगों को गर्मी और उमस से कुछ राहत मिली। वहीं रानियां और ऐलनाबाद क्षेत्र के कुछ गांवों में हल्की बारिश हुई। रानियां के चक्का, रत्ताखेड़ा और खारिया गांव में बारिश हुई। ऐलनाबाद में भी हल्की बरसात हुई। इससे पहले दिन में अधिकतम तापमान करीब 36 डिग्री और न्यूनतम 30 डिग्री सेल्सियस रहा। तापमान में ज्यादा अंतर नहीं होने के कारण दिनभर उमस बनी रही। शाम को बादल छाने और हवा चलने से मौसम सुहावना हुआ। इधर घग्गर नदी में जलस्तर लगातार कम हो रहा है। हालांकि ओटू हेड पर सिंचाई विभाग ने पानी का भंडारण किया हुआ है। ऐसे में अभी करीब एक सप्ताह तक एक दर्जन फ्लडी नहरों को पानी मिलने की संभावना है। इससे इन नहरों पर निर्भर किसानों को फायदा मिलेगा। घग्गर में पानी कम होने के साथ अब ओटू हेड के गेट से ओवरफ्लो होकर राजस्थान की तरफ जा रहा पानी भी बंद हो गया है। हालांकि घग्गर के जलस्तर में उतार-चढ़ाव आगे मानसून की सक्रियता और बारिश की मात्रा के अनुसार होता रहेगा। एचएयू के मौसम विज्ञान विभाग के विभागाध्यक्ष डॉ. मदन खीचड़ के अनुसार 16 अगस्त से मानसूनी गतिविधियों में कमी आने के आसार हैं।
पन्नीवाला मोटा में महिलाओं ने निकाली जागरूकता रैली
ओढ़ां के प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पन्नीवाला मोटा की ओर से लिंगानुपात सुधारने और बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ अभियान के प्रचार के लिए जागरूकता रैली निकाली गई। रैली का नेतृत्व चिकित्सा अधिकारी डॉ. प्रदीप सिहाग ने किया। इसमें एएनएम, आशा वर्कर्स, आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं, एलएचवी सहित बड़ी संख्या में महिलाओं और युवतियों ने भाग लिया। प्रतिभागियों ने बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ और लिंगानुपात सुधारें, देश बचाएं जैसे नारों वाली तख्तियां व बैनर लेकर लोगों को जागरूक किया। डॉ. सिहाग ने कहा कि बेटियों को बेटों के समान शिक्षा और विकास के अवसर मिलना जरूरी है।
सीडीएलयू में निकाली तिरंगा यात्रा
चौधरी देवीलाल विश्वविद्यालय, सिरसा में स्वतंत्रता दिवस के उपलक्ष्य में शुक्रवार को राष्ट्रभक्ति एवं सामाजिक जागरूकता से ओतप्रोत तिरंगा यात्रा का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का आयोजन डीन स्टूडेंट वेलफेयर, डीन यूथ वेलफेयर, राष्ट्रीय सेवा योजना (एनएसएस) तथा राष्ट्रीय कैडेट कोर (एनसीसी) के संयुक्त तत्वावधान में किया गया। तिरंगा यात्रा में विश्वविद्यालय के कुलगुरु प्रो. विजय कुमार, कुलसचिव डॉ. सुनील कुमार, युवा कल्याण निदेशक प्रो. मंजू, एनएसएस कोऑर्डिनेटर डॉ. रोहतास सहित विश्वविद्यालय के शिक्षक एवं गैर-शिक्षक कर्मचारियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। यात्रा विश्वविद्यालय के मुख्य द्वार से शुरू होकर बहुउद्देशीय भवन के सभागार तक पहुंची। हाथों में तिरंगा लेकर विद्यार्थियों एवं प्रतिभागियों ने देशभक्ति के नारों के साथ राष्ट्रीय एकता, अखंडता और देशप्रेम का संदेश दिया। इस अवसर पर कुलगुरु प्रो. विजय कुमार ने कहा कि तिरंगा केवल एक ध्वज नहीं, बल्कि देश की एकता, अखंडता, स्वतंत्रता और गौरव का प्रतीक है। कार्यक्रम के दौरान राष्ट्रगीत ‘वंदे मातरम’ के 150वें वर्ष के उपलक्ष्य में विशेष कार्यक्रम भी आयोजित किया गया।
42वीं स्टेट योगासन स्पोर्ट्स प्रतियोगिता आज से
हरियाणा स्टेट योगा एसोसिएशन, योगा फेडरेशन ऑफ इंडिया से संबद्ध, के तत्वावधान में 42वीं सब-जूनियर एवं जूनियर हरियाणा स्टेट योगासन स्पोर्ट्स प्रतियोगिता का आयोजन 15 व 16 अगस्त को लॉर्ड शिवा कॉलेज ऑफ फार्मेसी, सिविल अस्पताल के नजदीक सिरसा में किया जाएगा। जिला योगासन स्पोर्ट्स एसोसिएशन सिरसा के महासचिव प्रो. आरसी लिम्बा ने बताया कि राज्य स्तरीय प्रतियोगिता की मेजबानी जिला योगासन स्पोर्ट्स एसोसिएशन सिरसा द्वारा की जा रही है। प्रतियोगिता में प्रदेश के 22 जिलों की टीमों से करीब 450 लड़के एवं लड़कियां भाग लेंगे। उन्होंने बताया कि प्रतियोगिता के उद्घाटन समारोह के मुख्य अतिथि पूर्व चेयरमैन अशोक वर्मा होंगे। वहीं समापन समारोह में सहदेव जयदेव ट्रस्ट के प्रधान ललित जैन मुख्य अतिथि तथा आढ़ती एसोसिएशन के प्रधान प्रेम बजाज विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित रहेंगे।
प्रदर्शन से लौट रहे एचएसजीएमसी सदस्य की कार पर पुलिस कार्रवाई का आरोप
सिरसा हरियाणा हरियाणा सिख गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी (एचएसजीएमसी) के सदस्य एवं सिरसा निवासी गुरमेज सिंह ने अंबाला पुलिस पर उनकी गाड़ी में तोड़फोड़ और हमला करने के आरोप लगाए हैं। गुरमेज सिंह के अनुसार, वह सिख संगत की ओर से आयोजित प्रदर्शन में शामिल होकर वापस लौट रहे थे। प्रदर्शन के बाद पुलिस ने उन्हें दूसरे रास्ते से जाने के लिए कहा। आरोप है कि बताए गए रास्ते पर आगे बढ़ने के दौरान पुलिस ने उनकी गाड़ी को दोबारा रोक लिया। गुरमेज सिंह का कहना है कि उन्होंने पुलिसकर्मियों को बताया कि वे शांतिपूर्वक प्रदर्शन से लौट रहे हैं और उनके पास कोई हथियार नहीं है। इसके बावजूद पुलिसकर्मियों ने गाड़ी पर लाठी-डंडों से हमला कर दिया। इससे कार के शीशे टूट गए। उनका दावा है कि शीशा टूटने से गाड़ी में सवार एक व्यक्ति की आंख में कांच का टुकड़ा लग गया। उन्होंने बताया कि मौके पर करीब 100 से 150 पुलिसकर्मी मौजूद थे। गाड़ी में उनके साथ सिरसा के वेद प्रकाश साहूवाला, बिंदर सिंह खालसा और अमृतपाल ओढ़ां भी थे।
हड़ताल के 9वें दिन दुर्गंध से अस्पताल भी बेहाल, सिविल सर्जन का नप ईओ को पत्र
सफाई कर्मचारियों के धरने पर समर्थन करने पहुंची सांसद कुमारी सैलजा। भास्कर न्यूज | सिरसा सफाई कर्मचारियों की हड़ताल के 9वें दिन शहर कूड़े के ढेर में तब्दील हो गया है। बारिश में भीगा कचरा सड़कों और डंपिंग प्वाइंटों पर फैलने से सड़ांध बढ़ गई है। अब इसका असर जिला नागरिक अस्पताल तक पहुंच गया है। अस्पताल परिसर और आसपास सफाई व्यवस्था बिगड़ने से मरीजों और उनके साथ आने वाले लोगों को परेशानी हो रही है। मच्छरों की संख्या बढ़ने से संक्रमण और बीमारियां फैलने का खतरा भी बढ़ गया है। गंभीर स्थिति को देखते हुए सिविल सर्जन डॉ पवन कुमार ने नगर परिषद के कार्यकारी अधिकारी को पत्र भेजकर अस्पताल के आसपास क्षेत्र में फैली गंदगी की समस्या का समाधान करवाने के लिए आवश्यक कार्रवाई करने को कहा है। पत्र में कहा गया है कि सफाई कर्मचारियों की हड़ताल के कारण जिला नागरिक अस्पताल, सिरसा और इसके आसपास नियमित सफाई नहीं हो पा रही है। कूड़ा-कर्कट अधिक होने से अस्पताल में आने-जाने वाले मरीजों और यहां रहने वाले लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। सफाई नहीं होने से मच्छर भी लगातार बढ़ रहे हैं, जिससे लोगों को स्वास्थ्य संबंधी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। प्रशासन ने कचरा उठाने का प्रयास किया तो करेंगे विरोध संघ के राज्य सह सचिव एवं जिला प्रधान मनोज अटवाल, इकाई प्रधान नरेश चौहान और इकाई सचिव वीरेंद्र अटवाल सहित कर्मचारी नेताओं ने कहा कि मांगों पर ठोस निर्णय होने तक हड़ताल जारी रहेगी। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि जिला प्रशासन या ठेकेदार ने कूड़ा उठवाने का प्रयास किया तो कर्मचारी उसका विरोध करेंगे। इसकी जिम्मेदारी सरकार और प्रशासन की होगी। कर्मचारी नेताओं ने बताया कि हड़ताल को विभिन्न संगठनों का समर्थन मिल रहा है। 15 अगस्त को पालिकाओं और परिषदों में धरनास्थल पर ही झंडारोहण किया जाएगा। इसके बाद विचार गोष्ठी होगी। जिसका विषय ‘स्वतंत्र भारत में स्वदेशी सरकारों की ओर से सफाई कर्मचारियों से गुलाम जैसा व्यवहार क्यों’ रखा गया है। गोष्ठी में सामाजिक नेताओं, विभिन्न संगठनों के प्रतिनिधियों और सफाई कर्मचारियों के शामिल होने की बात कही गई है। सिरसा। शहर में कूड़े से बिगड़ रहे हालात। सिविल सर्जन ने नगर परिषद ईओ से इस समस्या का समाधान कराने का कष्ट करने को कहा है, ताकि अस्पताल में आने वाले मरीजों और अस्पताल क्षेत्र के आसपास रहने वाले लोगों को सफाई संबंधी समस्या से राहत मिल सके। स्वास्थ्य विभाग की ओर से यह पत्र ऐसे समय भेजा गया है, जब शहर में जगह-जगह कूड़े के ढेर लगे हैं और बारिश के बाद हालात और खराब हो गए हैं। कूड़ा उठाने की कोशिश रोकने को डंपिंग प्वाइंट पर सफाई कर्मी पहरा दे रहे हैं। बस स्टैंड, पोस्ट ऑफिस और सिरसा क्लब के सामने डंपिंग प्वाइंट पर 10-10 कर्मचारी तैनात हैं। कर्मचारी लगातार निगरानी कर रहे हैं कि प्रशासन या ठेकेदार की ओर से कूड़ा उठाने के लिए वाहन न भेजे जाएं।
घर से निकली किशोरी लापता, केस दर्ज
हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी सेक्टर-18 से 14 वर्षीय किशोरी के लापता होने का मामला सामने आया है। किशोरी गुरुवार सुबह घर से स्कूल जाने के लिए निकली थी, लेकिन वापस नहीं लौटी। परिजनों की शिकायत पर पुलिस ने केस दर्ज कर तलाश शुरू कर दी है। किशोरी की मां ने शिकायत में बताया कि उसकी बेटी एक निजी स्कूल में पढ़ती है। 13 अगस्त को सुबह सात बजे वह स्कूल जाने के लिए घर से निकली थी। निर्धारित समय के बाद भी जब वह घर नहीं लौटी तो परिजनों ने स्कूल और आसपास के इलाकों में उसकी तलाश की, लेकिन किशोरी का पता नहीं चल सका। पुलिस ने शिकायत के आधार पर केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस किशोरी के स्कूल जाने वाले रास्ते और आसपास जानकारी जुटा रही है।
शिक्षक पर एसएलसी के लिए रुपए मांगने का आरोप
रादौर क्षेत्र स्थित एक निजी स्कूल के शिक्षक पर दो छात्राओं ने गलत व्यवहार और छेड़छाड़ के आरोप लगाए हैं। दोनों छात्राओं ने जिला शिक्षा अधिकारी को शिकायत देकर संबंधित शिक्षक और स्कूल प्रबंधन के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। शिकायत के अनुसार, छात्राओं ने स्कूल प्रबंधन को भी मामले की जानकारी दी थी, लेकिन आरोप है कि उन्हें संतोषजनक कार्रवाई नहीं मिली। छात्राओं का आरोप है कि संबंधित स्पोर्ट्स टीचर ने उन्हें वाट्सएप और सोशल मीडिया के माध्यम से रात को संदेश भेजे। शिकायत के साथ चैट के स्क्रीनशॉट भी उपलब्ध कराने की बात कही गई है। आरोपों से परेशान होकर दोनों बहनों ने स्कूल छोड़ने और एसएलसी लेने का फैसला किया। छात्राओं का आरोप है कि स्कूल प्रबंधन ने एसएलसी देने में आनाकानी की और इसके लिए ढाई लाख रुपए की मांग की। फीस जमा होने के बावजूद रसीद और 12वीं कक्षा से संबंधित प्रमाणपत्र नहीं देने का भी आरोप लगाया गया है। मामला जिला शिक्षा अधिकारी प्रेम लता के संज्ञान में पहुंचने के बाद उन्होंने शिकायत पर कार्रवाई करते हुए खंड शिक्षा अधिकारी को जांच के आदेश दिए हैं। अब जांच में छात्राओं की ओर से लगाए गए आरोपों, चैट और स्कूल प्रबंधन की भूमिका की पड़ताल की जाएगी। फिलहाल आरोपों की पुष्टि नहीं हुई है। शिक्षा विभाग की जांच के बाद ही स्पष्ट होगा कि आरोप कितने सही हैं।
घर से नकदी व ज्वेलरी चोरी, केस दर्ज
जगाधरी के सेक्टर-17 में चोरों ने सूने मकान को निशाना बनाकर 15 हजार रुपए नकद और सोने-चांदी के आभूषण चोरी कर लिए। चोरी हुए सामान की कुल कीमत करीब 65 हजार रुपए बताई गई है। पुलिस ने अज्ञात चोरों के खिलाफ केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। सेक्टर-17 निवासी अजय कुमार गोयल ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि 8 अगस्त को दोपहर करीब सवा 2 बजे वह किसी काम से घर से बाहर गया था। 15 मिनट बाद वापस लौटा तो घर के अंदर सामान बिखरा हुआ था। उसने घर की जांच की तो 15 हजार रुपए नकद और सोने-चांदी के आभूषण गायब मिले। अजय ने सूचना पुलिस को दी। पुलिस टीम मौके पर पहुंची और निरीक्षण किया। पुलिस आसपास लगे कैमरों की फुटेज खंगालने के साथ चोरों की पहचान के प्रयास कर रही है।
शिव नगर खड्डा कॉलोनी में अधेड़ पुष्पा रानी की हत्या के मामले में जांच का एंगल बदल गया है। शुरुआती जांच में पुलिस ने लूट की आशंका जताई थी, लेकिन घर से न तो नकदी गायब मिली और न ही कोई कीमती सामान चोरी हुआ है। ऐसे में पुलिस अब हत्या के पीछे की वजह और आरोपी की पहचान पर फोकस कर रही है। हत्या की सूचना पर सीआईए की टीमें मौके पर पहुंची। एसपी कमलदीप गोयल और डीएसपी रजत गुलिया ने भी घटनास्थल का निरीक्षण किया। फोरेंसिक टीम ने मौके से साक्ष्य जुटाए हैं। पुलिस ने परिजनों के बयान दर्ज कर जांच शुरू की है। गुरुवार रात पुष्पा (55) पत्नी सरवन कुमार घर में अकेली थी। उसका छोटा बेटा दीपक ड्यूटी पर गया हुआ था। रात करीब साढ़े 8 बजे वह घर लौटा तो मेन गेट खुला मिला। अंदर जाकर देखा तो पुष्पा जमीन पर खून से लथपथ पड़ी थी। उसके सिर पर किसी भारी वस्तु से वार किया गया था। दीपक ने मां को उठाने की कोशिश की, लेकिन कोई हलचल नहीं हुई। पुलिस पुष्पा के मोबाइल फोन की जांच के साथ वारदात के समय के आसपास की गतिविधियों की जानकारी जुटा रही है। आसपास लगे कैमरों की फुटेज भी खंगाली जा रही है। पुलिस यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि घटना से पहले या बाद में कोई संदिग्ध व्यक्ति घर के आसपास तो नहीं आया था। पुष्पा अपने छोटे बेटे दीपक के साथ रहती थी। बड़ा बेटा पवन पत्नी और बच्चों के साथ पास के मकान में रहता है। महिला के पति श्रवण की कई साल पहले मौत हो चुकी है। पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया है। फोरेंसिक जांच से भी महत्वपूर्ण सुराग मिलने की उम्मीद है। मेन गेट खुला मिलने को पुलिस जांच में अहम माना जा रहा है। पुलिस यह पता लगा रही है कि आरोपी घर में कैसे दाखिल हुआ। क्या पुष्पा ने खुद किसी के लिए दरवाजा खोला था या आरोपी किसी दूसरे रास्ते से अंदर आया। घर से सामान चोरी न होने के कारण पुलिस हत्या के अन्य संभावित कारणों की भी जांच कर रही है। बेटी ने मां से बात करने के लिए किया था फोन इसी दौरान पुष्पा की बेटी पूजा ने दीपक के मोबाइल पर फोन किया। पूजा ने मां से बात करने के लिए फोन किया था। दीपक ने फोन उठाया तो पूजा ने कहा- हैलो मम्मी...। इसके बाद दीपक ने रोते हुए उसे बताया कि मां की किसी ने हत्या कर दी है। शोर सुनकर आसपास के लोग भी मौके पर पहुंच गए।
सड़क कहीं की, समस्या कहीं ओर की, समाधान के नाम पर दूसरी जगह की फोटो अपलोड की
शहर की सड़कों से जुड़ी शिकायतों के त्वरित समाधान के लिए शुरू की गई ऑनलाइन व्यवस्था की कार्यप्रणाली पर शहर के लोग सवाल उठा रहे हैं। आरोप है कि शिकायत एक सड़क की दर्ज होती है, समस्या दूसरी जगह की दिखाई जाती है और समाधान के नाम पर किसी अन्य स्थान की फोटो अपलोड कर शिकायत बंद कर दी जाती है। जबकि जिस जगह की शिकायत होती है वहां समस्या जस की तस बनी रहती है। ऐसा ही मामला वेस्ट भाटिया नगर में चौहान सेल्स कॉरपोरेशन के सामने सामने आया है। सड़क के बीचों-बीच गड्ढा बना हुआ है, जिसमें मिट्टी और कूड़ा जमा है। स्थानीय निवासियों ने इस समस्या की शिकायत 14 अप्रैल को म्हारी सड़क ऐप पर दर्ज कराई थी। शिकायत नंबर 80629 है। शिकायत दर्ज हुए करीब चार महीने बीत चुके हैं, लेकिन मौके पर स्थिति में कोई बदलाव नजर नहीं आ रहा। स्थानीय लोगों के अनुसार सड़क पर बने गड्ढे से वाहन चालकों को परेशानी हो रही है। बारिश के दौरान गड्ढे में पानी भर जाने से उसकी गहराई का अंदाजा नहीं लग पाता। ऐसे में दोपहिया वाहन चालकों के साथ हादसा होने का खतरा बना रहता है। लगातार वाहनों की आवाजाही के कारण क्षतिग्रस्त सड़क का दायरा भी बढ़ने की आशंका है। रिकॉर्ड में समाधान, मौके पर गड्ढा बरकरार शिकायतकर्ता का कहना है कि ऑनलाइन शिकायत के बाद विभागीय रिकॉर्ड में समस्या के समाधान की प्रक्रिया पूरी दिखाई जाती है। इसके लिए जिस स्थान की शिकायत दर्ज की गई थी, वहां की फोटो अपलोड करने के बजाय कथित तौर पर किसी दूसरे स्थान की फोटो लगा दी जाती है। इससे कागजों और ऑनलाइन रिकॉर्ड में शिकायत का निपटारा हो जाता है, लेकिन वास्तविक समस्या वहीं बनी रहती है। मौके की स्थिति भी सिस्टम में दर्ज समाधान पर सवाल खड़े कर रही है। सड़क के बीच बना गड्ढा आज भी खुला पड़ा है। इसमें कूड़ा और मिट्टी जमा है। ऐसे में स्थानीय लोगों का सवाल है कि अगर शिकायत का समाधान हो चुका है तो फिर शिकायत वाले स्थान पर गड्ढा क्यों मौजूद है। ^इस तरह की शिकायत नहीं मिली है। शिकायत पर मामले में जांच कराई जाएगी। प्राथमिकता से इस समस्या का समाधान कराया जाएगा। - महाबीर प्रसाद, नगर निगम आयुक्त
राज्यपाल आज जगाधरी में फहराएंगे तिरंगा
हरियाणा के राज्यपाल प्रो. असीम कुमार घोष शनिवार (आज) सुबह 9 बजे नई अनाज मंडी, जगाधरी में ध्वजारोहण कर परेड की सलामी लेंगे। राज्यपाल के आगमन को लेकर जिला प्रशासन ने समारोह स्थल से लेकर सुरक्षा और प्रोटोकॉल तक सभी तैयारियां पूरी कर ली हैं। समारोह से पहले राज्यपाल पुलिस लाइन स्थित शहीद स्मारक पर पहुंचकर शहीदों को पुष्पांजलि अर्पित करेंगे। इसके बाद नई अनाज मंडी में आयोजित मुख्य समारोह में पहुंचेंगे। यहां ध्वजारोहण के बाद परेड का निरीक्षण और सलामी लेने के साथ स्वतंत्रता दिवस कार्यक्रम में शामिल होंगे।
सेक्टर-17 में सुविधाएं अधूरी, घरों के आगे नालियां बनाने की तैयारी से भड़के लोग
शहर के पॉश और महंगे इलाकों में शामिल वार्ड-7 के सेक्टर-17 में मूलभूत सुविधाओं को लेकर सेक्टर वासियों का रोष बढ़ता जा रहा है। इनकम टैक्स ऑफिस के आसपास रहने वाले लोगों का कहना है कि उन्होंने महंगे दामों पर प्लॉट और मकान इसलिए खरीदे थे कि उन्हें नियोजित सेक्टर की बेहतर सुविधाएं मिलेंगी, लेकिन मौजूदा समय में जल निकासी, सड़क, स्ट्रीट लाइट और पेयजल जैसी सुविधाओं को लेकर उन्हें परेशानी उठानी पड़ रही है। सबसे बड़ी समस्या जल निकासी को लेकर है। सेक्टरवासियों का कहना है कि पानी की निकासी की समस्या दूर करने के लिए घरों के सामने नालियां बनाने की तैयारी की जा रही है।घरों के आगे खुली नालियां बनाना स्थायी समाधान नहीं है। सेक्टरवासियों ने नगर निगम से मांग की है कि अधिकारियों की टीम मौके पर भेजकर पूरी स्थिति का सर्वे कराया जाए। लोगों का कहना है कि अलग-अलग समस्याओं पर टुकड़ों में काम करने के बजाय जल निकासी, सड़क, स्ट्रीट लाइट और पेयजल की संयुक्त योजना तैयार की जाए। आरके मेहता, शहरी विकास विशेषज्ञ स्थानीय निवासियों का कहना है कि उन्होंने लाखों रुपए खर्च कर यहां मकान और प्लॉट लिए हैं। घरों के सामने नालियां बनने से सेक्टर की सुंदरता प्रभावित होने के साथ पार्किंग और पैदल आवाजाही की समस्या भी बढ़ सकती है। लोगों ने मांग की है कि समस्या का समाधान भूमिगत या व्यवस्थित ड्रेनेज सिस्टम के माध्यम से किया जाए। सेक्टरवासियों ने सड़कों पर लगाई जा रही टाइल्स को लेकर भी सवाल उठाए हैं। लोगों का कहना है कि पहले ड्रेनेज, फिर सड़क के सिद्धांत पर काम किया जाए। लोगों का कहना है कि कई स्थानों पर पर्याप्त रोशनी नहीं होने से रात के समय सुरक्षा को लेकर भी चिंता रहती है। वहीं पेयजल व्यवस्था को लेकर भी लोगों ने नियमित और पर्याप्त आपूर्ति की मांग की है। नियोजित सेक्टर में सड़क, सीवरेज, बरसाती पानी की निकासी, फुटपाथ, स्ट्रीट लाइट और पेयजल व्यवस्था को अलग-अलग नहीं देखा जा सकता। सभी सुविधाएं एक-दूसरे से जुड़ी होती हैं। जल निकासी की समस्या का स्थाई समाधान करने के लिए पूरे सेक्टर का ड्रेनेज सर्वे, सड़क के लेवल की जांच और भूमिगत निकासी व्यवस्था की समीक्षा जरूरी है।
वीबी-जी राम जी योजना से संवरेगा ग्रामीण स्कूलों का ढांचा, रोजगार के साथ मिलेंगी बेहतर सुविधाएं
ग्रामीण परिवारों को रोजगार उपलब्ध कराने के साथ सरकारी स्कूलों की तस्वीर बदलने की दिशा में भी विकसित भारत रोजगार एवं आजीविका मिशन (ग्रामीण) यानी वीबी-जी राम जी योजना अहम भूमिका निभाएगी। विद्यालय शिक्षा विभाग ने इस योजना के तहत ग्रामीण क्षेत्रों के सरकारी स्कूलों में विभिन्न विकास कार्य करवाने की तैयारी शुरू कर दी है। इसके लिए जिला अधिकारियों को जरूरत के अनुसार कार्यों की पहचान कर संबंधित विभागों के साथ समन्वय स्थापित करने के निर्देश दिए गए हैं। योजना के तहत प्रत्येक ग्रामीण परिवार को एक वित्तीय वर्ष में 125 दिन के मजदूरी रोजगार की कानूनी गारंटी देने का प्रावधान किया गया है। स्कूल शिक्षा विभाग के साथ मिलकर योजना के तहत होने वाले कार्यों में श्रम और सामग्री का 60:40 अनुपात रखा जाएगा। इससे ग्रामीण लोगों को स्थानीय स्तर पर रोजगार मिलने के साथ उनके गांव के सरकारी स्कूलों में भी जरूरी सुविधाओं का विकास हो सकेगा। जरूरत के अनुसार होंगे विकास कार्य इसके तहत सरकारी स्कूलों में अतिरिक्त कक्षा-कक्ष, खेल मैदान और प्रयोगशालाओं का निर्माण या मरम्मत कराई जा सकेगी। इसके अलावा शौचालय, रसोई शेड और स्कूल की चारदीवारी के निर्माण, मरम्मत एवं रखरखाव के कार्य भी करवाए जा सकेंगे। इससे विद्यार्थियों को पढ़ाई के साथ खेल और अन्य शैक्षणिक गतिविधियों के लिए बेहतर सुविधाएं उपलब्ध होंगी। स्कूलों का आधारभूत ढांचा मजबूत होगा: डीईईओ ^ग्रामीण क्षेत्रों के सरकारी स्कूलों में जिन सुविधाओं की अधिक आवश्यकता है, उनकी पहचान की जाएगी। इसके बाद संबंधित विभागों के साथ समन्वय स्थापित कर कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर आगे बढ़ाया जाएगा। योजना से ग्रामीण लोगों को रोजगार मिलने के साथ स्कूलों का आधारभूत ढांचा मजबूत होगा। - अशोक राणा, डीईईओ। जल संरक्षण और पर्यावरण पर भी जोर विद्यालयों में छत से वर्षा जल संचयन संरचना, सामुदायिक सोख्ता गड्ढे और खाद संग्रहण गड्ढे बनाने जैसे कार्य भी योजना में शामिल किए गए हैं। वहीं सामुदायिक संस्थानों में पौधरोपण को भी बढ़ावा दिया जाएगा। इससे स्कूलों में स्वच्छता और हरियाली के साथ जल संरक्षण की व्यवस्था को भी मजबूती मिलेगी।
स्कूल में मनाया हरियाली तीज महोत्सव
मुकंद लाल नेशनल सीनियर सेकेंडरी स्कूल में शुक्रवार को हरियाली तीज का त्योहार मनाया गया। इस उत्सव में पहली से 12वीं कक्षा तक के विद्यार्थियों ने भाग लिया। कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों ने पारंपरिक गीतों व नृत्यों के माध्यम से तीज पर्व के सांस्कृतिक महत्व को बखूबी दर्शाया। छात्राओं के लिए मेहंदी प्रतियोगिता का आयोजन किया गया, जिसमें उन्होंने मेहंदी के विभिन्न आकर्षक डिजाइन बनाकर अपनी कलात्मक प्रतिभा का प्रदर्शन किया। प्राचार्य एसके नरूला ने विद्यार्थियों को तीज के पौराणिक और सांस्कृतिक महत्व से अवगत कराया। मौके पर गौरव, मेघा, भावना, भूपेंद्र, पूनम, इशू चौहान, मेघा भाटिया व रेणु सहित अन्य स्टाफ सदस्य मौजूद रहे।
स्कूल में चलाया पौधारोपण अभियान
राजकीय प्राथमिक पाठशाला संधाय में तीज के त्यौहार के उपलक्ष्य में पौधारोपण अभियान चलाया गया। इसके साथ ही बच्चों को सड़क सुरक्षा नियमों के बारे में जानकारी दी गई। हिंदुस्तान स्काउट गाइड की बीओसी बुलबुल मुक्ता देवी के नेतृत्व में अध्यापिका बबीता रानी, एसएमसी के सदस्यों, अभिभावकों व बच्चों के साथ मिलकर पौधारोपण अभियान व तीज का त्योहार मनाया गया। साथ ही बच्चों को सड़क सुरक्षा नियमों के बारे में भी जागरूक किया गया। अध्यापिका मुक्ता देवी ने बच्चों को पेड़-पौधों के महत्व के बारे में बताया।
छात्रों के लिए निबंध लेखन, चित्रकारी और क्विज प्रतियोगिताओं का किया आयोजन
नगर निगम की ओर से प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) के लाभार्थियों एवं स्कूली विद्यार्थियों के साथ आजादी के अमृत महोत्सव के तहत नेहरू पार्क में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में विद्यार्थियों के लिए निबंध लेखन, चित्रकारी व क्विज प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया। प्रतियोगिताओं में विद्यार्थियों ने भाग लेते हुए स्वतंत्रता दिवस, राष्ट्रीय ध्वज और देशभक्ति की भावना को अपनी रचनाओं व चित्रों के माध्यम से प्रदर्शित किया। नगर निगम की सोशल मीडिया इंचार्ज मुक्ता, एमआईएस कमलवीर एवं कमलदीप सिंह ने विद्यार्थियों का उत्साहवर्धन किया। प्रतियोगिताओं में भाग लेने वाले सभी विद्यार्थियों को उपहार एवं पुरस्कार देकर सम्मानित किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों में राष्ट्रप्रेम की भावना को मजबूत करने के साथ-साथ उन्हें देश के स्वतंत्रता संग्राम, राष्ट्रीय ध्वज के महत्व और नागरिक जिम्मेदारियों के प्रति जागरूक करना रहा। विद्यार्थियों ने रंगों और शब्दों के माध्यम से देश की एकता, अखंडता तथा तिरंगे के सम्मान का संदेश दिया। एमआईएस कमलवीर सिंह ने कहा कि बच्चों में देशभक्ति की भावना को मजबूत करने के लिए ऐसे रचनात्मक कार्यक्रम बेहद महत्वपूर्ण हैं।
देशभक्ति व सांस्कृतिक कार्यक्रम की दी प्रस्तुति
इंडियन पब्लिक स्कूल जगाधरी में स्वतंत्रता दिवस और हरियाली तीज के उपलक्ष्य में विद्यार्थियों ने देशभक्ति गीतों, ओजस्वी कविताओं और सुंदर नृत्य प्रस्तुतियों के माध्यम से राष्ट्रप्रेम की भावना को अभिव्यक्त किया। वहीं डायरेक्टर डॉ. ओपी तनेजा, चेयरमैन डॉ. सीके तनेजा, प्रधानाचार्या मीनाक्षी भारद्वाज एवं उप-प्रधानाचार्या डॉ. परमप्रीत कौर ने कहा कि ऐसे आयोजन बच्चों को देशप्रेम और हमारी समृद्ध सांस्कृतिक विरासत से जोड़ते हैं।
तिरंगा रैली में गूंजे देशभक्ति के नारे, नुक्कड़ नाटक से सिखाया 4-बिन कचरा पृथक्करण
नगर निगम द्वारा देशभक्ति एवं स्वच्छता के संदेश को जन-जन तक पहुंचाने के उद्देश्य से मॉडल टाउन में हर घर तिरंगा अभियान के अंतर्गत जागरूकता रैली का आयोजन किया गया। मुख्य सफाई निरीक्षक गोविंद शर्मा ने हरी झंडी दिखाकर रैली को रवाना किया। रैली में मुकंद पब्लिक स्कूल व मुकंद लाल नेशनल सीनियर सेकेंडरी स्कूल के विद्यार्थियों ने भाग लेकर शहरवासियों को अपने-अपने घरों पर तिरंगा फहराने तथा राष्ट्रीय ध्वज का सम्मान करने का संदेश दिया। रैली स्कूल से शुरू होकर संतपुरा गुरुद्वारा से होती हुई छोटी लाइन, जीएनजी कॉलेज समेत विभिन्न स्थानों से होती हुई वापस स्कूल प्रांगण में आकर संपन्न हुई। विद्यार्थियों ने हाथों में तिरंगा लेकर पूरे उत्साह के साथ देशभक्ति व स्वच्छता संबंधित नारे लगाए। तिरंगा यात्रा के बीच विद्यार्थियों द्वारा 4-बिन कचरा पृथक्करण विषय पर नुक्कड़ नाटक प्रस्तुत किया गया। नुक्कड़ नाटक के माध्यम से लोगों को गीला, सूखा, घरेलू हानिकारक एवं अन्य कचरे को अलग-अलग रखने तथा कचरे का स्रोत स्तर पर सही तरीके से पृथक्करण करने के लिए जागरूक किया गया। मुख्य सफाई निरीक्षक गोविंद शर्मा ने कहा कि सभी हर घर तिरंगा अभियान में बढ़-चढ़कर भाग लें, राष्ट्रीय ध्वज का सम्मान करें और स्वच्छता के लिए कचरे का 4-बिन के अनुसार सही पृथक्करण अवश्य करें। स्वच्छ भारत मिशन के विशेषज्ञ दुर्गेश कुमार, आकाश व गगन ने नागरिकों को समझाया कि कचरे को अलग-अलग करना स्वच्छ शहर की पहली सीढ़ी है और प्रत्येक नागरिक की भागीदारी से यमुनानगर-जगाधरी को स्वच्छ एवं सुंदर बनाया जा सकता है।
एनसीसी के प्रथम पास-आउट बैच को दिए सर्टिफिकेट
सनराइज पब्लिक स्कूल में कार्यक्रम में एनसीसी के प्रथम पास-आउट बैच को सर्टिफिकेट दिए गए। स्वतंत्रता दिवस का पर्व राष्ट्रभक्ति के माहौल में मनाया गया। मुख्य अतिथि स्कूल प्रबंधक बलजीत सिंह संधू तथा एनसीसी एएनओ सेकंड ऑफिसर सचिन नागरा ने सभी पास-आउट कैडेट्स को उनकी कड़ी मेहनत और अनुशासन के लिए बधाई दी। स्टूडेंट द्वारा फैंसी ड्रेस व सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किए गए। मौके पर स्कूल प्रिंसिपल परमजीत कौर डॉ वीरेंद्र संधू आदि उपस्थित रहे।
रोटरी क्लब जगाधरी क्राउन ने किया पौधारोपण
रोटरी क्लब ऑफ जगाधरी क्राउन द्वारा महाराजा अग्रसेन कॉलेज के सहयोग से पर्यावरण संरक्षण को समर्पित वृक्षारोपण किया गया। कॉलेज में 50 से अधिक पौधे लगाए। क्लब के वरिष्ठ एवं नए रोटेरियंस ने कार्यक्रम में भाग लिया। यह आयोजन महाराजा अग्रसेन कॉलेज के संस्थापक लाला देशराज के जन्मदिवस पर हुआ। क्लब के प्रधान प्रधान रोटेरियन विकास बंसल ने कहा कि पेड़ हमें आक्सीजन, फल व छाया ही नहीं देते यह सैकड़ों पक्षियों व कीट-पतंगों का आश्रय स्थल भी होते हैं। सचिव रोटेरियन राज सिक्का, प्रोजेक्ट चेयरमैन रोटेरियन दीपक अग्रवाल, डॉ. अश्वनी गोयल, अजय गर्ग, दीपक मित्तल, राहुल बतरा, विजय बुधिराजा, डॉ. उमेश शर्मा, नरेंद्र अग्रवाल, नरेश स्वामी आदि मौजूद रहे।
छात्रों ने स्वतंत्रता सेनानियों के जीवन आधारित कार्यक्रम किए प्रस्तुत
शिवानंदा-प्रवीण पब्लिक स्कूल में देश के 80वें स्वतंत्रता दिवस पर ध्वजारोहण हुआ। विद्यार्थियों ने देशभक्ति गीत व कविताएं सुनाई, भाषण व समूहगान की प्रस्तुतियां दी। कार्यक्रमों में स्वतंत्रता संग्राम का इतिहास दिखाया गया। विद्यार्थियों ने स्वतंत्रता सेनानियों के जीवन और बलिदान पर आधारित कार्यक्रम पेश किए। स्कूल डायरेक्टर नरेंद्र कुमार शर्मा ने विद्यार्थियों से ईमानदारी, अनुशासन, समर्पण के साथ देश की प्रगति में योगदान देने की अपील की। प्रिंसीपल सुरभि शर्मा ने विद्यार्थियों की प्रतिभा की सराहना की।
भाषण के माध्यम से बताया तीज का महत्व
सरस्वती विद्या मंदिर जगाधरी में हरियाली तीज पर कार्यक्रम का संचालन अध्यापिका मोनिका सेठी और कल्पना के निर्देशन में किया गया। कक्षा दसवीं की छात्रा कृतिका ने भाषण के माध्यम से तीज के महत्व और पौराणिक मान्यताओं पर प्रकाश डाला। छात्रा हाफिज ने तीज से संबंधित कविता प्रस्तुत की। छात्राओं ने समूह नृत्य आयो आयो तीज का त्योहार से समा बांध दिया। मेहंदी प्रतियोगिता में छात्राओं ने उत्कृष्ट प्रदर्शन किया। प्रधानाचार्य सुमित जिंदल ने कहा कि तीज का पर्व प्रेम, समर्पण और शिव-पार्वती के दिव्य आशीर्वाद का प्रतीक है।
सीएम विंडो की लंबित शिकायतों के निस्तारण के निर्देश
मुख्यमंत्री के विशेष कार्याधिकारी (ओएसडी टू सीएम) राकेश संधु ने चंडीगढ़ से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से सीएम विंडो पर प्राप्त शिकायतों के निस्तारण की समीक्षा हेतु राज्य स्तरीय बैठक की अध्यक्षता की। ओएसडी राकेश संधु ने सीएम विंडो और समाधान शिविरों में आने वाली जन शिकायतों की स्थिति पर विस्तार से चर्चा की। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि जनहित से जुड़े मामलों में बेहतर समन्वय स्थापित करें ताकि शिकायतों का संतोषजनक निपटान हो सके। इस दौरान उन्होंने सोशल मीडिया ग्रीवेंस ट्रैकर (एसएमजीटी) के माध्यम से प्राप्त शिकायतों पर भी विशेष ध्यान देने और उनके त्वरित समाधान सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। वीसी के उपरांत, एसडीएम विश्वनाथ ने स्थानीय अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक की। उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए कि सीएम विंडो पर लंबित शिकायतों को प्राथमिकता के आधार पर हल किया जाए। बैठक में एसडीएम व्यासपुर डॉ. कुलदीप सिंह, एएसपी आशीष चौधरी, डिप्टी सीएमओ डॉ. दिव्या मंगला उपस्थित रहे।
300-400 नोटिस बांटने की जिम्मेदारी, अब प्रपत्र भी खुद जुटा रहे बीएलओ
एसआईआर कार्य में जुटे बूथ लेवल अधिकारियों (बीएलओ) पर काम का बोझ लगातार बढ़ता जा रहा है। कई बीएलओ को 300 से 400 तक नोटिस मतदाताओं को वितरित करने की जिम्मेदारी दी गई है। इसके साथ ही नोटिसों की प्राप्ति और वितरण का रिकॉर्ड रखने के लिए अटेंडेंस शीट तैयार करनी है। वहीं अनेक बीएलओ को अपनी अंडरटेकिंग तैयार कर उसे अपलोड भी करना है। इन सबके बीच आवश्यक अटेंडेंस शीट और बीएलओ अंडरटेकिंग की हार्ड कॉपी उपलब्ध नहीं होने से बीएलओ को इनकी व्यवस्था खुद करनी पड़ रही है। राजकीय प्राथमिक शिक्षक संघ ने जिला निर्वाचन कार्यालय से आवश्यक प्रपत्र पर्याप्त संख्या में उपलब्ध करवाने की मांग की है। संघ के जिला प्रधान सुरेंद्र कंबोज ने कहा कि बीएलओ पहले ही एसआईआर कार्य को लेकर अतिरिक्त कार्यभार के साथ विभिन्न तकनीकी और प्रशासनिक समस्याओं का सामना कर रहे हैं। ऐसे में जरूरी प्रपत्रों की हार्ड कॉपी भी उपलब्ध नहीं होने से उन्हें अनावश्यक परेशानी, समय की बर्बादी और अतिरिक्त खर्च उठाना पड़ रहा है। संघ के जिला महासचिव रामस्वरूप ने कहा कि निर्वाचन संबंधी कार्य निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार किया जाता है और इसके लिए आवश्यक दस्तावेजों एवं प्रपत्रों का संधारण जरूरी है। इसलिए जिला निर्वाचन कार्यालय की जिम्मेदारी बनती है कि एसआईआर कार्य से संबंधित सभी आवश्यक प्रपत्र, रजिस्टर, स्टेशनरी और अन्य सामग्री बीएलओ को समय पर पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध करवाई जाए। संघ के राज्य संगठन सचिव कुलवंत सिंह ने बताया कि काफी संख्या में बीएलओ के पास 300 से 400 तक नोटिस मतदाताओं को वितरित करने के लिए हैं। नोटिस वितरण के बाद उसकी प्राप्ति और वितरण का रिकॉर्ड भी निर्धारित तरीके से रखना है। इसके लिए अटेंडेंस शीट की आवश्यकता है। इसके अलावा कई बीएलओ को अपनी अंडरटेकिंग तैयार करके अपलोड करनी है। ऐसे में यदि विभाग की ओर से जरूरी प्रपत्र उपलब्ध नहीं करवाए जाते हैं तो बीएलओ पर काम का अतिरिक्त दबाव पड़ना स्वाभाविक है।
विशेष गहन पुनरीक्षण-2026 के तहत 31 जुलाई -2026 को प्रकाशित की गई प्रारूप मतदाता सूची
विशेष गहन पुनरीक्षण-2026 के तहत 31 जुलाई -2026 को प्रारूप मतदाता सूची प्रकाशित की गई है। उन्होंने बताया कि जिन मतदाताओं का नाम पूर्व में मतदाता सूची में दर्ज था, लेकिन 31 जुलाई को प्रकाशित प्रारूप मतदाता सूची में उनका नाम शामिल नहीं है और उन्हें बीएलओ की ओर से नोटिस प्राप्त हुआ है। ऐसे सभी मतदाता आगामी 30 अगस्त 2026 तक संबंधित बीएलओ के पास अपने दावे एवं आपत्तियां दर्ज करवा सकते हैं। जिला निर्वाचन अधिकारी प्रीति ने बताया कि जिन युवाओं की आयु 1 जुलाई 2026 की आधार तिथि के अनुसार 18 वर्ष पूरी हो चुकी है, ऐसे सभी पात्र युवा भी 30 अगस्त तक अपने संबंधित बीएलओ के माध्यम से फॉर्म-6 भरकर मतदाता सूची में नाम दर्ज करवाने के लिए ऑनलाइन अथवा ऑफलाइन आवेदन कर सकते हैं। यदि किसी मतदाता के नाम, पते अथवा अन्य विवरण में किसी प्रकार की त्रुटि है तो संबंधित मतदाता फार्म-8 एवं आवश्यक घोषणा पत्र भरकर अपने विवरण में संशोधन करवा सकता है। उन्होंने पात्र नागरिकों से अपील की कि वे प्रारूप मतदाता सूची में अपना नाम एवं अन्य विवरण अवश्य जांच लें और किसी प्रकार की त्रुटि या आपत्ति होने पर निर्धारित अवधि के दौरान आवश्यक प्रक्रिया पूरी करें। निर्वाचन आयोग का उद्देश्य है कि कोई भी पात्र नागरिक मतदाता सूची से वंचित न रहे तथा कोई भी अपात्र व्यक्ति मतदाता सूची में शामिल न हो। इसी उद्देश्य से संबंधित अधिकारियों एवं कर्मचारियों को नवीन दिशा-निदेर्शों तथा तकनीकी प्रक्रियाओं का प्रशिक्षण दिया गया है। उन्होंने बताया कि यदि किसी आवेदक को सुनवाई के संबंध में नोटिस प्राप्त होता है तो वह निर्धारित तिथि पर संबंधित अधिकारी के समक्ष उपस्थित होकर अपना पक्ष अवश्य रखें। उन्होंने बताया कि नागरिक अपनी मतदाता संबंधी जानकारी भारत निर्वाचन आयोग के पोर्टल तथा हरियाणा के मुख्य अधिकारी की वेबसाइट से भी जांच सकते हैं।
ढाणी से पानी की मोटर चोरी आरोपी पुलिस के हत्थे चढ़ा
एबीवीटी स्टाफ, सिरसा पुलिस ने पानी की मोटर चोरी की वारदात सुलझाई है। पुलिस ने एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। आरोपी की निशानदेही पर चोरी की पानी की मोटर बरामद कर ली गई है। गांव बड़ागुढ़ा निवासी हरिसिंह उर्फ गौरी को पकड़ा गया। एबीवीटी स्टाफ प्रभारी के मुताबिक, गांव सुबाखेड़ा निवासी वचित्र सिंह पुत्र गुरदेव सिंह ने थाना बड़ागुढ़ा में शिकायत दी थी। शिकायत में बताया था कि 11 जुलाई की रात उसकी ढाणी के सामने लगी पानी की मोटर अज्ञात युवक चोरी कर ले गए। पुलिस ने शिकायत पर केस दर्ज कर जांच शुरू की। मुखबिर से सूचना मिली और तकनीकी साक्ष्य जुटाए गए। पुलिस आरोपी तक पहुंची और उसे गिरफ्तार किया गया। पूछताछ के बाद उसकी निशानदेही पर चोरी की मोटर बरामद हुई। आरोपी को आगे की कार्रवाई के लिए थाना बड़ागुढ़ा पुलिस के हवाले कर दिया गया है।
स्वतंत्रता दिवस पर नृत्य प्रतियोगिता के साथ बच्चों ने दी देशभक्ति प्रस्तुति
समर्पण वेलफेयर ट्रस्ट ने महाराजा अग्रसेन कन्या वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय के तत्वावधान में स्वतंत्रता दिवस पर नृत्य प्रतियोगिता कराई। स्कूली बच्चों ने देशभक्ति गीतों पर नृत्य प्रस्तुत किए। माहौल देशभक्ति के रंग में रंग गया। कार्यक्रम में स्कूल की प्राचार्या जैपनिथ कौर मुख्य अतिथि रहीं। अध्यक्षता ट्रस्ट अध्यक्ष अमित लढ़ा ने की। प्रमोद बंसल और खुशीराम विशिष्ट अतिथि रहे। बच्चों ने हाथों में तिरंगा लिया। तिरंगे रंग के परिधान पहने। देशभक्ति गीतों पर मनमोहक नृत्य किया। नन्हे-मुन्ने बच्चों की प्रस्तुतियों ने लोगों का मन मोह लिया। चेहरों पर तिरंगे के निशान दिखे। मंच पर तिरंगे के साथ दी गई प्रस्तुतियां आकर्षण का केंद्र रहीं। समापन पर विजेता बच्चों को ट्रस्ट की ओर से स्मृति चिह्न देकर सम्मानित किया गया। मौके पर मदन जैन, राहुल लढ़ा, रितिक राय, बृजेश सचदेवा, इंद्रपाल, जॉन, अर्पण समेत ट्रस्ट के अन्य सदस्य मौजूद रहे।
नशे से दूर रहकर ही सुखी जीवन संभव है: बबीता
सीएमके नेशनल स्नातकोत्तर महाविद्यालय में ड्रग प्रीवेंशन सेल की ओर से नशे के विरुद्ध जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस दौरान विद्यार्थियों को नशे से दूर रहने की शपथ दिलाई गई और नशे के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक किया गया। महाविद्यालय की कार्यवाहक प्राचार्या श्रीमती बबीता मल्होत्रा ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि नशा समाज के लिए गंभीर समस्या है। नशे की गिरफ्त में आने वाला व्यक्ति स्वयं के साथ-साथ अपने परिवार और समाज को भी नुकसान पहुंचाता है। उन्होंने कहा कि नशे से दूर रहकर ही सुखी जीवन संभव है।
हर घर तिरंगा अभियान देशभक्ति प्रतीक: साहुवाला
हर घर तिरंगा अभियान देशभक्ति की भावना को प्रबल करता है और राष्ट्रध्वज के प्रति जागरूकता बढ़ाता है। तिरंगा हमारे स्वाभिमान की पहचान है और यह हमें अपने घर पर राष्ट्रध्वज फहराने के लिए प्रेरित करता है। ये विचार लॉयन्स क्लब सिरसा अमर के संस्थापक अध्यक्ष स्वामी रमेश साहुवाला ने स्थानीय चतरगढ़ पट्टी में आयोजित कार्यक्रम में बतौर मुख्य अतिथि व्यक्त किए। उन्होंने कहा कि हर घर तिरंगा अभियान का मुख्य उद्देश्य तिरंगे को केवल संस्थागत कार्यक्रमों तक सीमित न रखकर प्रत्येक व्यक्ति के घर तक पहुंचाना है।
79 वर्ष बाद भी होमगार्ड का शोषण जारी: चंद्रपाल
ऑल ऑल इंडिया होम गार्ड वेलफेयर एसोसिएशन हरियाणा के प्रदेश अध्यक्ष चंद्रपाल तंवर ने कहा कि देश के छह लाख से अधिक होमगार्ड जवानों को पुलिस व अर्धसैनिक बलों के समान सुविधाएं नहीं मिल रही हैं। उन्होंने केंद्र सरकार से सीआरपीएफ, बीएसएफ, एसएसबी व सीआईएसएफ की तर्ज पर सुविधाएं देने की मांग की। तंवर ने कहा कि अधिकांश राज्यों में सातवें वेतन आयोग, एरियर व 60 प्रतिशत महंगाई भत्ते का लाभ लंबित है। उन्होंने 365 दिन रोजगार, हटाए जवानों की बहाली, बस किराया, टीए-डीए, 25 से 30 लाख रुपये वेलफेयर फंड और मेडिकल सुविधा देने की मांग की। साथ ही गृह रक्षी विभाग में 25 प्रतिशत कोटा तथा सरकारी संस्थानों में ड्यूटी देने की मांग रखी।

