राजस्थान में विधायकों की सैलरी बढ़ाने की तैयारी, डीए की तर्ज पर वेतन बढ़ोतरी का सुझाव; CMO को भेजी रिपोर्ट
सोनीपत पुलिस की क्राइम यूनिट खरखौदा ने 16 साल से फरार चल रहे एक घोषित अपराधी (PO) को गिरफ्तार किया है। आरोपी की पहचान यूनुस, निवासी गांव आलीमेव (जिला पलवल) के रूप में हुई है। उस पर ट्रक ड्राइवर को बंधक बनाकर लूटपाट और माल चोरी करने का आरोप है। यह घटना 5 जनवरी 2010 की रात की है। फरीदाबाद निवासी सुखबीर अपने ट्रक-ट्राले में सरिया और लोहा लादकर चंडीगढ़ जा रहा था। रात करीब 1:30 बजे वह कुंडली बॉर्डर के पास गाड़ी की हवा जांचने के लिए रुका। तभी पीछे से आए बदमाशों ने उसे कागजात देखने के बहाने नीचे उतार लिया। ट्रक ड्राइवर से रजाई से ढका, जान से मारने की धमकी बदमाशों ने सुखबीर को जबरन अपनी गाड़ी में बैठाया, उसे रजाई से ढका और जान से मारने की धमकी दी। उन्होंने ड्राइवर से 9 हजार रुपए, एक सोने की अंगूठी और मोबाइल फोन छीन लिया। इसके बाद वे माल से लदा ट्रक-ट्राला लेकर फरार हो गए। अगली सुबह करीब 5 बजे, आरोपियों ने पीड़ित को होडल के पास फेंक दिया और भाग गए। इस घटना के संबंध में थाना कुंडली में विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया था। जांच के दौरान, सहायक उप-निरीक्षक दीपक की टीम ने कार्रवाई करते हुए मामले में शामिल आठ अन्य आरोपियों को पहले ही गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। हालांकि, यूनुस लगातार पुलिस को चकमा देकर फरार चल रहा था। कोर्ट ने आरोपी को भेजा जेल क्राइम यूनिट खरखौदा की टीम ने तकनीकी जांच और सटीक सूचना के आधार पर 16 साल से फरार यूनुस को गिरफ्तार किया। पुलिस ने आरोपी को कोर्ट में पेश किया, जहां से उसे न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है।
सिरसा जिले के चोपटा क्षेत्र स्थित जमाल गांव के ग्रामीणों ने जमाल माइनर और कुताना माइनर के टेल (अंतिम छोर) तक पानी न पहुंचने के विरोध में नहराना हेड पर अनिश्चितकालीन धरना शुरू कर दिया है। बुधवार रात से शुरू हुआ यह धरना गुरुवार को भी जारी रहा। ग्रामीण पर्याप्त पानी की आपूर्ति न होने तक आंदोलन जारी रखने की चेतावनी दे रहे हैं। धरना स्थल पर सिंचाई विभाग के एसडीओ उदयभान पहुंचे। उन्होंने ग्रामीणों को समस्या के समाधान का आश्वासन दिया। हालांकि, ग्रामीणों ने उनकी बात नहीं मानी और एक मांग पत्र सौंपते हुए स्पष्ट किया कि जब तक टेल पर पूरा पानी नहीं पहुंचेगा, तब तक धरना समाप्त नहीं किया जाएगा। समाजसेवी ने दिया ग्रामीणों को समर्थन गुरुवार सुबह समाजसेवी रघुबीर कड़वासरा ने धरना स्थल पर पहुंचकर ग्रामीणों को समर्थन दिया। उन्होंने आरोप लगाया कि सिंचाई विभाग के अधिकारियों की मिलीभगत से पानी की चोरी हो रही है और मोगियों के आकार भी बढ़ाए गए हैं। इसी कारण जमाल गांव में टेल तक पर्याप्त पानी नहीं पहुंच पा रहा है। गांव में पानी की गंभीर समस्या- सरपंच गांव के सरपंच ओमप्रकाश डूडी, समाजसेवी रघुबीर कड़वासरा, विजय बैनीवाल, उग्रसेन डूडी, रविंद्र डूडी, राजेंद्र साहु, अशोक साहु, देवीलाल खिचड़, राय सहाब बैनीवाल, महेंद्र सिहाग, मांगे राम कस्वा और भीम साहु ने बताया कि गांव में पानी की गंभीर समस्या है। यह समस्या आज की नहीं, बल्कि भीषण गर्मी हो या सर्दी, जमाल माइनर और कुताना माइनर में कभी पर्याप्त पानी नहीं पहुंचता। महंगे दामों पर खरीद कर पी रहे पानी ग्रामीणों को महंगे दामों पर टैंकरों से पानी खरीदकर पीना पड़ता है, क्योंकि पेयजल केंद्र में पानी का स्टॉक नहीं होता। उन्होंने यह भी बताया कि बुधवार रात को भी वे नहराना हेड पर जागते रहे, लेकिन उनकी सुध लेने कोई नहीं पहुंचा।
लुधियाना में एक्साइज विभाग के एडिशनल कमिश्नर के दफ्तर में घुसकर उनके साथ मारपीट करने का मामला सामने आया है। आरोप है कि एक व्यक्ति ने अधिकारी से गाली-गलौज करने के बाद धक्का-मुक्की की और उनकी कमीज फाड़ दी। व्यक्ति ने अधिकारी की छाती पर मुक्के मारने के साथ उनका सरकारी मोबाइल फोन और चश्मा भी तोड़ दिया। घटना के बाद एडिशनल कमिश्नर ने थाना डिविजन नंबर-5 पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने शिकायत के आधार पर आरोपी के खिलाफ केस दर्ज करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। अधिकारियों के साथ मीटिंग कर रहे थे एडिशनल कमिश्नर एडिशनल कमिश्नर अमित गोयल ने बताया कि वह अपने आबकारी विभाग के अधिकारियों के साथ दफ्तर में मीटिंग कर रहे थे। इस दौरान कुछ ठेकेदार भी दफ्तर के बाहर खड़े थे। इसी दौरान पंकज मल्होत्रा नाम का व्यक्ति उनके दफ्तर में दाखिल हो गया। अमित गोयल के मुताबिक, उन्होंने पंकज मल्होत्रा से पूछा कि वह बिना अनुमति उनके कमरे में कैसे आया। इस पर वह गुस्से में आ गया और उनके साथ ऊंची आवाज में बात करने लगा। इसके बाद उसने गाली-गलौज शुरू कर दी। मना करने पर धक्का देकर मारपीट शुरू की अधिकारी ने बताया कि उन्होंने आरोपी से कहा कि गाली-गलौज न करे, क्योंकि यह सरकारी और पब्लिक दफ्तर है। आरोप है कि इसके बाद पंकज मल्होत्रा ने उन्हें धक्का दिया और अचानक हाइपर होकर मारपीट शुरू कर दी। उन्होंने आरोप लगाया कि आरोपी ने उनका कॉलर पकड़ लिया और उनकी कमीज फाड़ दी। इसके बाद धक्का-मुक्की करते हुए उनकी छाती पर मुक्के मारे। मारपीट के कारण उनकी छाती में काफी दर्द हो रहा है। सरकारी फोन और चश्मा भी तोड़ा अमित गोयल ने आरोप लगाया कि आरोपी ने मारपीट के दौरान उनका ऑफिशियल मोबाइल फोन और चश्मा भी तोड़ दिया। उन्होंने बताया कि आरोपी कभी खुद को RTI एक्टिविस्ट बताता है और कभी किसी अन्य पहचान से लोगों से बात करता है। कई विभागों के अधिकारियों को धमकाने का आरोप अमित गोयल ने आरोप लगाया कि पंकज मल्होत्रा अलग-अलग विभागों के अधिकारियों और कर्मचारियों को धमकाता रहता है। उन्होंने कहा कि किसी भी विभाग से उसके बारे में पूछा जा सकता है। हालांकि, उन्होंने कहा कि उन्हें खुद नहीं पता कि आरोपी उनके दफ्तर में आकर अचानक इतना गुस्से में क्यों आया और मारपीट क्यों की। पुलिस को दी शिकायत, जांच शुरू घटना के बाद एडिशनल कमिश्नर ने थाना डिविजन नंबर-5 पुलिस को मामले की सूचना दी और शिकायत दी। पुलिस ने शिकायत के आधार पर आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। पुलिस घटना से जुड़े तथ्यों और दफ्तर में मौजूद लोगों से पूछताछ कर मामले की जांच कर रही है।
बूंदी में बुजुर्ग महिला से झपटमारी का खुलासा:पुलिस ने 4 घंटे में आरोपी को पकड़ा, मोबाइल-नकद बरामद
बूंदी पुलिस ने बुजुर्ग महिला से हुई झपटमारी की घटना का 4 घंटे के भीतर खुलासा कर दिया है। सदर थाना पुलिस ने आरोपी को बापर्दा गिरफ्तार कर उसके पास से छीना गया मोबाइल फोन और 1500 रुपए नकद बरामद किए हैं। फरियादिया रामकन्या बाई ने 20 अगस्त 2026 को पुलिस को रिपोर्ट दी थी। उन्होंने बताया कि 19 अगस्त को शाम करीब 4 बजे वह रजतगृह कॉलोनी में अपने दामाद के घर से सामुदायिक भवन के पीछे वाले रास्ते से गेट नंबर 04 स्थित अपने घर जा रही थीं। इसी दौरान एक बाइक सवार लड़के ने उनके हाथ से जोर से झपट्टा मारकर पर्स छीन लिया। पर्स में सैमसंग कंपनी का मोबाइल और 1500 रुपए नकद थे। जिला पुलिस अधीक्षक अवनीश कुमार शर्मा के संपत्ति संबंधी अपराधों पर अंकुश लगाने के निर्देशों के बाद अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक संजय सिंह चम्पावत के निर्देशन और वृत्ताधिकारी अनिल जोशी के पर्यवेक्षण में थानाधिकारी भंवर सिंह के नेतृत्व में एक विशेष टीम का गठन किया गया। इस टीम ने घटनास्थल के आसपास के सीसीटीवी फुटेज, तकनीकी साक्ष्य और मुखबिरों की सूचना के आधार पर आरोपी की पहचान की। त्वरित कार्रवाई करते हुए पुलिस ने 4 घंटे के भीतर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार आरोपी से आगे की पूछताछ जारी है। पुलिस टीम में सदर थानाधिकारी भंवर सिंह, अर्जुन सिंह (उप निरीक्षक), जितेंद्र सिंह (सहायक उप निरीक्षक), हनुमान (कॉन्स्टेबल) और नेतराम (कॉन्स्टेबल) शामिल थे।
बूंदी में खाद की ऑनलाइन बुकिंग शुरू:किसान मोबाइल से यूरिया-डीएपी बुक कर QR कोड से ले सकेंगे
बूंदी जिले के किसानों को अब यूरिया और डीएपी जैसी खाद खरीदने के लिए लंबी कतारों में लगने और दुकानों के चक्कर काटने से मुक्ति मिलेगी। जिले में 'फ्रेमवर्क फॉर फर्टिलाइजर सेल्स' (FFS) नामक एक नई डिजिटल व्यवस्था शुरू की जा रही है, जिसके तहत किसान मोबाइल से खाद की बुकिंग कर सकेंगे और क्यूआर कोड दिखाकर उर्वरक प्राप्त कर पाएंगे। कृषि विभाग के संयुक्त निदेशक राकेश कुमार शर्मा ने बताया कि FFS व्यवस्था के अंतर्गत किसान मोबाइल एप के माध्यम से अपनी आवश्यकतानुसार यूरिया, डीएपी सहित अन्य अनुदानित उर्वरकों की बुकिंग कर सकेंगे। बुकिंग के बाद उन्हें एक क्यूआर कोड मिलेगा, जिसे दिखाकर वे नजदीकी अधिकृत विक्रेता से खाद प्राप्त कर सकेंगे। इस नई प्रणाली से किसानों को यह भी जानकारी मिल सकेगी कि उनके आसपास किस दुकान पर कौन सा उर्वरक उपलब्ध है। इससे उन्हें अनावश्यक भटकना नहीं पड़ेगा और समय की बचत होगी। FFS प्रणाली के माध्यम से दुकानदारों के स्टॉक की डिजिटल निगरानी भी की जाएगी। दुकान पर उपलब्ध भौतिक स्टॉक का मिलान पीओएस (पॉइंट ऑफ सेल) मशीन में दर्ज स्टॉक से किया जाएगा। इससे कालाबाजारी और स्टॉक की हेराफेरी पर प्रभावी रोक लगेगी। राजसमंद और सिरोही जिले में चलाया था पायलट प्रोजेक्ट इस व्यवस्था को लागू करने से पहले राजसमंद और सिरोही जिलों में जून 2026 से एक पायलट प्रोजेक्ट चलाया गया था। वहां अब तक 68 हजार 335 किसानों ने 10,341 मीट्रिक टन उर्वरक की ऑनलाइन बुकिंग कर क्यूआर कोड के जरिए खाद खरीदा है, जो इस प्रणाली की सफलता को दर्शाता है। कृषि अधिकारियों और उर्वरक विक्रेताओं को दिया प्रशिक्षण बूंदी में इस नई व्यवस्था के लिए 19 और 20 अगस्त 2026 को कृषि अधिकारियों और जिले के थोक-खुदरा उर्वरक विक्रेताओं को प्रशिक्षण दिया गया है। इसमें ऑनलाइन बुकिंग, क्यूआर कोड वितरण, स्टॉक प्रबंधन और पीओएस मशीन के उपयोग के बारे में जानकारी दी गई। विभाग ने विक्रेताओं को निर्देश दिए हैं कि वे अनुदानित खाद के भौतिक स्टॉक का कृषि पर्यवेक्षक से सत्यापन करवाकर उसे पीओएस मशीन में दर्ज करें।
संत शिरोमणि रविदास जी की 650वीं जयंती पर आयोजित कलश यात्रा को लेकर बड़वानी में रविदास समाज ने विरोध किया है। गुरुवार शाम को बड़ी संख्या में समाजजन कलेक्टर कार्यालय पहुंचे और कलेक्टर के नाम तहसीलदार राहुल सोलंकी को ज्ञापन सौंपा। समाज ने सहायक आयुक्त कार्यालय पर उनकी भावनाओं को आहत करने का आरोप लगाया है। समाज समिति के अध्यक्ष दिनेश पिपलिया ने बताया कि मध्यप्रदेश शासन के सामान्य प्रशासन विभाग ने 12 अगस्त 2026 को एक पत्र जारी कर कलश यात्रा के लिए भोपाल जाने वाले समाज के प्रतिनिधियों की जानकारी मांगी थी। इसके जवाब में, समाज ने 13 अगस्त 2026 को एक बैठक आयोजित की। इसमें दिनेश पंवार, अनिल पंवार, भारत जयपाल और विक्रम शिंदे को अधिकृत कर उनके नाम सहायक आयुक्त कार्यालय को मौखिक रूप से सूचित किए गए थे। यहां से बढ़ा विवाद समाज का आरोप है कि उनके द्वारा तय किए गए प्रतिनिधियों को भेजने के बजाय, सहायक आयुक्त कार्यालय के कर्मचारियों ने अन्य कर्मचारियों और गैर-समाज के व्यक्तियों को कलश लेने के लिए भोपाल भेज दिया। इस जानकारी के सामने आने के बाद समाज में गहरा दुख और आक्रोश व्याप्त हो गया। ज्ञापन में कहा गया है कि मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की मंशा समाज को साथ लेकर कार्यक्रम को सफल बनाने की थी, लेकिन कार्यालय के मनमाने रवैये से समाज की भावनाएं आहत हुई हैं। समाज ने यह सवाल भी उठाया कि यदि गैर-समाज के लोगों को ही भेजना था, तो प्रतिनिधियों के लिए पत्राचार क्यों किया गया। समाज ने सहायक आयुक्त और अन्य दोषी अधिकारियों पर तत्काल कार्रवाई की मांग की है। समाज ने चेतावनी दी है कि यदि उनकी मांगें पूरी नहीं की गईं, तो वे इस कार्यक्रम में शामिल नहीं होंगे और इसका पूर्ण बहिष्कार करेंगे।
रतलाम के थाना औद्योगिक क्षेत्र के डोसी गांव के पास स्थित गौरव पैलेस कॉलोनी में गुरूवार को एक नाबालिग छात्रा ने फांसी लगाकर सुसाइड कर लिया। मृतका का नाम खुशी(16) है। वह 10वीं में घर के पास स्थित स्कूल में पढ़ती थी। छात्रा का शव पहली मंजिल पर दुपट्टे से लटका मिला। परिजनों के मुताबिक, छात्रा सुबह स्कूल नहीं गई थी। दोपहर को छोटा भाई स्कूल से घर आया। वह ऊपर गया, तो उसने बहन को लटका देखा। उसके बाद परिजनों ने पुलिस को घटना की जानकारी दी। माता-पिता काम पर गए थे छात्रा की मां शारदा परमार आंगनबाड़ी कार्यकर्ता हैं। पिता प्राइवेट फैक्ट्री में इलेक्ट्रीशियन हैं। घटना के समय दोनों अपने-अपने काम पर गए थे। परिवार के अनुसार, मकान के ग्राउंड फ्लोर पर दादा-दादी और बड़े पिता अशोक परमार का परिवार रहता है। छात्रा का परिवार ऊपर की मंजिल पर रहता था। अशोक परमार ने बताया कि वे दोपहर में लंच के लिए घर आए थे। इसी दौरान छात्रा का छोटा भाई ऊपर से आया। उसने घटना की जानकारी दी। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा परिजनों के अनुसार, दोपहर 2:10 बजे 112 डायल को सूचना मिली थी। 10 से 15 मिनट में 112 की टीम मौके पर पहुंच गई। लेकिन टीम ने संबंधित थाना पुलिस को सूचना दी। थाना पुलिस को मौके पर पहुंचने में करीब एक घंटे का समय लगा। इस दौरान परिवार के लोग परेशान रहे। परिजनों का यह भी आरोप है कि शव को ले जाने की व्यवस्था पुलिस की ओर से नहीं की गई। बाद में 112 डायल के जवानों ने शव को वाहन में रखकर अस्पताल पहुंचाया। घटना के बाद परिवार के लोग नाराज नजर आए। परिजन छात्रा की मौत के कारण की जांच की मांग कर रहे है
पश्चिमी यूपी की राजनीति में गुरुवार को बड़ा सियासी घटनाक्रम सामने आया। सहारनपुर से कांग्रेस सांसद इमरान मसूद के दामाद काजी शायान मसूद समाजवादी पार्टी में शामिल हो गए। लखनऊ स्थित सपा के प्रदेश मुख्यालय में पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव की मौजूदगी में शायान मसूद ने अपने समर्थकों के साथ सपा की सदस्यता ग्रहण की। शायान मसूद के सपा में जाने को सिर्फ एक नेता के दल बदलने के तौर पर नहीं देखा जा रहा है। उनके कांग्रेस सांसद इमरान मसूद के दामाद होने और काजी परिवार की सहारनपुर की पुरानी राजनीतिक पकड़ को देखते हुए इस घटनाक्रम के पश्चिमी यूपी की सियासत पर दूरगामी असर के कयास लगाए जा रहे हैं। इमरान मसूद के बयान के बाद बढ़ी थीं चर्चाएं शायान मसूद के सपा में जाने की टाइमिंग इसलिए भी महत्वपूर्ण मानी जा रही है, क्योंकि कुछ समय पहले इमरान मसूद ने 2027 के विधानसभा चुनाव को लेकर बड़ा बयान दिया था। उन्होंने कहा था कि 2027 में उनके परिवार का कोई सदस्य चुनाव नहीं लड़ेगा। इमरान मसूद ने कहा था कि इस बार उन पार्टी कार्यकर्ताओं को चुनावी मौका दिया जाना चाहिए, जिन्होंने लोकसभा चुनाव में उनकी जीत के लिए मेहनत की थी। इस बयान के बाद राजनीतिक गलियारों में चर्चा शुरू हो गई थी कि परिवार की नई पीढ़ी की चुनावी राजनीति में एंट्री का रास्ता फिलहाल बंद हो गया है। इसी बीच शायान मसूद के सपा में जाने से इन चर्चाओं को नया राजनीतिक अर्थ मिल गया है। हालांकि, इमरान मसूद और शायान मसूद के बीच किसी विवाद या मतभेद की सार्वजनिक तौर पर आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। बेहट सीट से चुनाव लड़ने की थी चर्चा राजनीतिक हलकों में लंबे समय से चर्चा थी कि शायान मसूद 2027 के विधानसभा चुनाव में बेहट विधानसभा सीट से चुनाव लड़ना चाहते हैं। लोकसभा चुनाव के दौरान भी वह इमरान मसूद के समर्थन में सक्रिय नजर आए थे और चुनाव प्रचार में उनकी भूमिका रही थी। इमरान मसूद की लोकसभा चुनाव में जीत के बाद शायान की राजनीतिक सक्रियता और बढ़ी। वह लोगों की समस्याएं सुनने और अधिकारियों से संपर्क कर उनके समाधान की कोशिश करते नजर आते थे। इमरान मसूद के अंबाला रोड स्थित कार्यालय पर भी शायान मसूद की सक्रियता चर्चा में रही। बताया जाता है कि उस दौरान उन्हें गनर की सुविधा भी उपलब्ध कराई गई थी। बाद में गनर वापस लिए जाने और कार्यालय में उनकी सक्रियता कम होने के बाद राजनीतिक चर्चाओं का दौर शुरू हो गया। कांवड़ यात्रा के पोस्टरों से भी गायब रही तस्वीर शायान मसूद को लेकर सियासी चर्चाओं को उस समय भी हवा मिली, जब कांग्रेस की ओर से कांवड़ यात्रा के दौरान लगाए गए होर्डिंग्स में उनकी तस्वीर नजर नहीं आई। परिवार से जुड़े एक कार्यक्रम को लेकर भी राजनीतिक गलियारों में तरह-तरह की चर्चाएं हुईं। हालांकि, इन घटनाक्रमों के बावजूद दोनों परिवारों की तरफ से किसी सार्वजनिक विवाद या राजनीतिक मतभेद की पुष्टि नहीं की गई। ऐसे में अब शायान मसूद का सपा में जाना इन पुरानी चर्चाओं को एक नए राजनीतिक संदर्भ में खड़ा कर रहा है। जुलाई से ही सपा में जाने की अटकलें शायान मसूद के सपा नेतृत्व के संपर्क में होने की चर्चा जुलाई से ही चल रही थी। दिल्ली के जंतर-मंतर पर हुए एक प्रदर्शन के दौरान उनकी अखिलेश यादव से मुलाकात भी हुई थी। इस मुलाकात के बाद राजनीतिक गलियारों में यह चर्चा तेज हो गई थी कि शायान जल्द ही सपा में शामिल हो सकते हैं। गुरुवार को लखनऊ में अखिलेश यादव के सामने सदस्यता लेने के साथ ही इन अटकलों पर आधिकारिक तौर पर विराम लग गया। काजी परिवार की सियासी विरासत भी अहम शायान मसूद का सपा में जाना इसलिए भी महत्वपूर्ण है, क्योंकि वह पश्चिमी यूपी के चर्चित काजी राजनीतिक परिवार से आते हैं। वह पूर्व केंद्रीय मंत्री काजी रशीद मसूद के पौत्र और शादान मसूद के बेटे हैं। काजी परिवार का सहारनपुर की राजनीति में लंबे समय से प्रभाव रहा है। परिवार के अलग-अलग सदस्य अलग-अलग समय में कांग्रेस और समाजवादी पार्टी सहित विभिन्न राजनीतिक दलों से जुड़े रहे हैं। ऐसे में काजी परिवार की नई पीढ़ी का एक युवा चेहरा अब सपा के साथ सक्रिय राजनीति में उतरता दिखाई दे रहा है। सपा को क्या फायदा? शायान मसूद के सपा में आने से पार्टी को पश्चिमी यूपी में एक ऐसा युवा चेहरा मिला है, जिसकी राजनीतिक पहचान सीधे सहारनपुर के प्रभावशाली काजी परिवार और कांग्रेस सांसद इमरान मसूद के परिवार से जुड़ी हुई है। 2027 के विधानसभा चुनाव को देखते हुए सपा लगातार पश्चिमी यूपी में अपने राजनीतिक आधार को मजबूत करने की कोशिश कर रही है। ऐसे में शायान की एंट्री को पार्टी की रणनीति के लिहाज से अहम माना जा रहा है। सपा के लिए इसका सबसे बड़ा राजनीतिक संदेश यह हो सकता है कि पार्टी पश्चिमी यूपी में पुराने राजनीतिक परिवारों और स्थानीय प्रभाव रखने वाले चेहरों को अपने साथ जोड़ने की कोशिश कर रही है। कांग्रेस के लिए कितना बड़ा झटका? शायान मसूद के सपा में जाने का असर स्थानीय स्तर पर कांग्रेस की राजनीति पर कितना पड़ेगा, ये आने वाले समय में पता चलेगा। फिलहाल इतना जरूर है कि वह इमरान मसूद के लोकसभा चुनाव अभियान में सक्रिय भूमिका निभा चुके हैं और सहारनपुर क्षेत्र में उनकी राजनीतिक पहचान बननी शुरू हो गई थी। इसलिए उनके सपा में जाने को कांग्रेस के लिए स्थानीय स्तर पर एक राजनीतिक संदेश के तौर पर भी देखा जा रहा है। हालांकि, ये कहना अभी जल्दबाजी होगी कि शायान के सपा में जाने से इमरान मसूद की राजनीतिक स्थिति कमजोर होगी। इमरान मसूद खुद सहारनपुर से कांग्रेस सांसद हैं और उनकी अपनी स्वतंत्र राजनीतिक पकड़ है। असली तस्वीर 2027 के करीब साफ होगी फिलहाल सबसे बड़ा सवाल यही है कि समाजवादी पार्टी शायान मसूद को आने वाले समय में क्या राजनीतिक जिम्मेदारी देती है। क्या उन्हें सहारनपुर में संगठन की जिम्मेदारी मिलेगी? क्या वह बेहट विधानसभा क्षेत्र में सक्रिय होंगे? या सपा उन्हें पश्चिमी यूपी में युवा और मुस्लिम नेतृत्व के चेहरे के तौर पर आगे बढ़ाएगी। इन सवालों के जवाब आने वाले महीनों में सामने आएंगे। कुल मिलाकर, शायान मसूद का सपा में शामिल होना 2027 के विधानसभा चुनाव से पहले पश्चिमी उत्तर प्रदेश की राजनीति में एक महत्वपूर्ण राजनीतिक संकेत माना जा रहा है। एक तरफ सपा को काजी परिवार की नई पीढ़ी का चेहरा मिला है, तो दूसरी तरफ कांग्रेस सांसद इमरान मसूद के परिवार से जुड़े व्यक्ति का सपा में जाना सहारनपुर की सियासत में नए समीकरणों की शुरुआत के तौर पर देखा जा रहा है।
उमरिया: मुड़ना नदी में बुजुर्ग बहा:तेज बहाव के कारण हुआ हादसा; पुलिस-SDERF का सर्च ऑपरेशन जारी
उमरिया जिले के बिरसिंहपुर पाली क्षेत्र में गुरुवार को मुड़ना नदी पार करते समय एक बुजुर्ग तेज बहाव में बह गया। घटना के समय बारिश हो रही थी। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और तलाश शुरू की। इधर SDERF की टीम ने भी सर्च ऑपरेशन शुरू किया। नदी के तेज बहाव के कारण संतुलन बिगड़ा जानकारी के मुताबिक, थैया लाल बैगा रोजाना की तरह मुड़ना नदी पार कर रहा था। तेज बारिश के कारण नदी का जलस्तर बढ़ गया और बहाव तेज हो गया। तेज बहाव में बुजुर्ग का संतुलन बिगड़ गया और वह पानी के साथ बह गया। पुलिस-SDERF ने शुरू किया सर्च ऑपरेशन आसपास मौजूद लोगों ने घटना की जानकारी पुलिस को दी। घुनघुटी पुलिस मौके पर पहुंची और बुजुर्ग की तलाश शुरू की। इसके बाद राज्य आपदा प्रतिक्रिया बल (SDERF) को भी सूचना दी गई। SDRF की टीम ने भी घटनास्थल पर पहुंचकर नदी में सर्च ऑपरेशन शुरू किया। तेज बहाव वाले हिस्सों में बुजुर्ग की तलाश की जा रही है। SDRF अधिकारी राहुल साहू ने बताया कि बुजुर्ग की तलाश लगातार जारी है। नदी में पानी का बहाव तेज है और बारिश भी हो रही है। इससे सर्च ऑपरेशन में परेशानी आ रही है। टीम सावधानी से तलाश कर रही है।
मैनपुरी में उत्तर प्रदेश लेखपाल संघ ने अपनी विभिन्न मांगों को लेकर चल रहा धरना प्रदर्शन 15 दिनों के लिए स्थगित कर दिया है। यह निर्णय प्रशासन द्वारा सकारात्मक आश्वासन दिए जाने के बाद लिया गया। तहसील प्रशासन ने लेखपाल संघ की मांगों पर सहानुभूतिपूर्वक विचार करने और शीघ्र समाधान का आश्वासन दिया है। इसमें निलंबित लेखपाल भानु प्रताप के मामले में प्रत्यावेदन मिलने पर सकारात्मक निर्णय लेने की बात कही गई है। प्रशासन ने वर्ष 2016 में नियुक्त लेखपालों को एसीपी का लाभ देने, लंबित वेतन निर्धारण, ई-डिस्ट्रिक्ट का अप्रैल 2024 से मार्च 2026 तक का बकाया मानदेय भुगतान, मानव संपदा पोर्टल पर अर्जित अवकाश की सही प्रविष्टि और लंबित वित्तीय स्तरोन्नयन के मामलों को प्राथमिकता से निस्तारित करने का आश्वासन दिया है। इसके अतिरिक्त, सेवानिवृत्त होने वाले लेखपाल सुशील चंद्र के देयकों तथा लेखपाल प्रज्ञादीप के जीपीएफ और एनपीएस से संबंधित प्रकरणों का नियमानुसार परीक्षण कर कार्रवाई की जाएगी। प्रशासन ने लेखपालों की समस्याओं के समाधान के लिए संघ पदाधिकारियों के साथ पाक्षिक बैठकें आयोजित करने का भी आश्वासन दिया है। प्रशासन के इस सकारात्मक रुख के बाद लेखपाल संघ ने अपना धरना प्रदर्शन फिलहाल 15 दिनों के लिए स्थगित कर दिया। इस दौरान जिला अध्यक्ष मनोज गुप्ता, जिला मंत्री भानु प्रताप, मंत्री पुष्पेंद्र सिंह चौहान, श्याम कुमार गुप्ता, ज्ञानदीप, सुमित कुमार, ललित किशोर, भूपेंद्र सिंह, शिवांगी, नसी गोस्वामी, प्रीति यादव और पूजा सहित बड़ी संख्या में लेखपाल मौजूद रहे।
मैनपुरी के भोगांव थाना क्षेत्र में शादी का झांसा देकर संबंध बनाने और फिर शादी से इनकार करने के एक मामले में 55 दिन बाद भी आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं हुई है। पीड़िता ने पुलिस की कार्रवाई पर सवाल उठाते हुए SP से जल्द गिरफ्तारी और परिवार की सुरक्षा की गुहार लगाई है। पीड़िता ने 29 जून 2024 को भोगांव थाने में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 69, 89 और 351(3) के तहत मुकदमा दर्ज कराया था। इस मामले में मोहल्ला प्रेम चरैया, भोगांव निवासी आरिफ अली, अहमद अली पुत्रगण आशिक अली, रिजवान अली पुत्र मुश्ताक अली और मोहम्मद अली पुत्र अहमद अली को नामजद किया गया है। पीड़िता का आरोप है कि मुकदमा दर्ज होने के बाद अपेक्षित कार्रवाई नहीं हुई। इसके बाद उसने उच्च अधिकारियों से शिकायत की। उपमहानिरीक्षक (DIG) आगरा के आदेश पर मामले की विवेचना भोगांव थाने से थाना कुरावली स्थानांतरित कर दी गई। हालांकि, विवेचना स्थानांतरित होने के बावजूद अभी तक किसी भी नामजद आरोपी की गिरफ्तारी नहीं हुई है। पीड़िता ने पुलिस अधीक्षक को दिए प्रार्थना पत्र में बताया कि घटना को 55 दिन से अधिक समय बीत चुका है, लेकिन आरोपी अब भी खुलेआम घूम रहे हैं। आरोप है कि आरोपी पीड़िता और उसके परिवार पर लगातार दबाव बना रहे हैं, जिससे परिवार में भय का माहौल है। पीड़िता ने यह भी दावा किया है कि नामजद आरोपियों के खिलाफ पहले से भी आपराधिक मामले दर्ज हैं। पीड़िता ने पुलिस अधीक्षक से मामले में प्रभावी कार्रवाई करते हुए सभी नामजद आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी कराने और परिवार की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की है।
अशोकनगर की नवीन कृषि उपज मंडी में बलराम कृषि महोत्सव का आयोजन किया गया। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कार्यक्रम को वर्चुअली संबोधित किया। उन्होंने अशोकनगर के सरबती गेहूं और चंदेरी उत्पादों का भी उल्लेख किया। किसानों को खेती के साथ दूसरे कामों से जोड़ने पर जोर मुख्यमंत्री ने कहा कि किसानों की आय बढ़ाने के लिए खेती के साथ पशुपालन, डेयरी और उद्यानिकी को अपनाना जरूरी है। सरकार का लक्ष्य किसानों को आर्थिक रूप से मजबूत और सशक्त बनाना है। इसके लिए किसानों को गौपालन, कुक्कुट पालन और अन्य कृषि आधारित कामों से जोड़ा जा रहा है। उन्होंने बताया कि प्रदेश में उद्यानिकी का रकबा 20 प्रतिशत तक बढ़ाने और दुग्ध उत्पादन में बड़ी वृद्धि का लक्ष्य रखा गया है। पशुपालन में पशुओं की नस्ल सुधार पर भी ध्यान दिया जा रहा है। उन्नत गोपालन और डेयरी से बड़ी संख्या में युवाओं को जोड़ने का प्रयास किया जा रहा है। बिजली, पानी और सड़क की सुविधाओं पर जोर मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार किसानों को खेती के लिए बिजली, पानी और सड़क जैसी जरूरी सुविधाएं उपलब्ध करा रही है। सिंचाई सुविधाओं का विस्तार किया गया है। इससे किसानों को दिन में बिजली मिलने से कृषि कार्य आसान हुआ है। उन्होंने बताया कि किसान सम्मान निधि के साथ 5, 7 और 10 हॉर्स पावर के पंप कनेक्शन पर सब्सिडी भी दी जा रही है। बच्चों की बेहतर शिक्षा के लिए सांदीपनि विद्यालय संचालित किए जा रहे हैं। विधायक से किया वर्चुअल संवाद कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने मुंगावली विधायक बृजेंद्र सिंह यादव से वर्चुअली संवाद किया। विधायक ने बताया कि महोत्सव में जिले के हजारों किसानों ने हिस्सा लिया। उन्होंने जिले को चंदेरी और मल्हारगढ़ क्षेत्र के लिए मिली सौगातों के लिए मुख्यमंत्री का आभार जताया। महोत्सव में अलग-अलग विभागों की योजनाओं और कृषि गतिविधियों की प्रदर्शनी भी लगाई गई। अतिथियों ने प्रदर्शनी का अवलोकन किया। इस दौरान उन्नत किसानों और परीक्षाओं में बेहतर प्रदर्शन करने वाले छात्र-छात्राओं को सम्मानित किया गया। कार्यक्रम में कलेक्टर साकेत मालवीय, जनप्रतिनिधि, अधिकारी और बड़ी संख्या में किसान मौजूद रहे।
आगर मालवा में सावन माह के दौरान आस्था और भक्ति के उल्लास के बीच गुरुवार को तनोडिया नगर में एक दिवसीय समरसता बाइक यात्रा निकाली गई। यह यात्रा स्थानीय हिन्दू उत्सव समिति के तत्वावधान में सनातन चौक से कायावर्णेश्वर महादेव, क्यासरा (डग, राजस्थान) के लिए रवाना हुई। लगभग 70 किलोमीटर की दूरी तय कर यह यात्रा क्यासरा पहुंचेगी, जहां श्रद्धालु भगवान महादेव का जलाभिषेक करेंगे। निर्धारित समय पर बाइक सवारों ने धार्मिक जयघोष के साथ यात्रा का शुभारंभ किया। बड़ी संख्या में श्रद्धालु बाइक लेकर इसमें शामिल हुए। यात्रा के दौरान 'बम-बम भोले' और 'हर-हर महादेव' के जयकारों से पूरा क्षेत्र भक्तिमय हो गया। तनोडिया नगर में जगह-जगह मंच बनाकर पुष्पवर्षा के साथ यात्रा का भव्य स्वागत किया गया। इसके बाद यात्रा ग्राम थडोदा, पिपलोनकलां, बड़ोद, डग सहित विभिन्न गांवों से होकर गुजरी, जहां ग्रामीणों और श्रद्धालुओं ने भी पुष्पवर्षा कर इसका स्वागत किया। मार्ग में श्रद्धालुओं में खासा उत्साह देखने को मिला। यात्रा के स्वागत कार्यक्रम में भाजपा जिलाध्यक्ष ओम मालवीय, विधायक मधु गेहलोत, पूर्व विधायक लालजीराम मालवीय, मंडल अध्यक्ष प्रहलाद सिंह चौहान, चंद्रपाल सिंह राठौर, योगेश जैन, डॉ. मोहनलाल मकवाना सहित कई जनप्रतिनिधि और सामाजिक कार्यकर्ता मौजूद रहे। समरसता यात्रा में शामिल श्रद्धालुओं ने भगवान महादेव के जयकारे लगाते हुए धार्मिक एकता और सामाजिक समरसता का संदेश दिया। इस यात्रा को लेकर क्षेत्रवासियों में भी उत्साह देखा गया। श्रद्धालुओं ने भगवान शिव के दर्शन और जलाभिषेक कर सुख-समृद्धि तथा क्षेत्र की खुशहाली की कामना की।
अजमेर जिले के केकड़ी विधानसभा क्षेत्र के सावर उपखंड में सरकारी स्कूल में प्रिंसिपल के नशे में पहुंचने का मामला सामने आया है। मीणों का नयागांव ग्राम पंचायत के उंदरी गांव स्थित राजकीय उच्च प्राथमिक विद्यालय के कार्यवाहक प्रिंसिपल भीमाराम शराब के नशे में स्कूल पहुंचे। हालत इतनी खराब थी कि वे स्कूल के खेल मैदान में घास पर ही सो गए। घटना का वीडियो गुरुवार को सामने आने के बाद शिक्षा विभाग ने उन्हें स्कूल से हटाकर दूसरी जगह पदस्थापित कर दिया। ग्रामीणों के अनुसार, शिक्षक के नशे में स्कूल पहुंचने की जानकारी मिलने पर विद्यालय विकास समिति के अध्यक्ष सहित अन्य ग्रामीण मौके पर पहुंचे। शिक्षक को मैदान से उठाकर पानी से चेहरा और सिर धोया गया, लेकिन काफी देर तक उन्हें होश नहीं आया। ग्रामीणों ने इसकी सूचना सावर के मुख्य ब्लॉक शिक्षा अधिकारी कार्यालय को दी। 27 साल से इसी स्कूल में थे, 6 महीने पहले मिला था प्रमोशन एडिशनल प्रिंसिपल भीमाराम पिछले करीब 27 साल से इसी विद्यालय में कार्यरत थे। करीब 6 महीने पहले उनका प्रमोशन हुआ था और उन्हें एडिशनल प्रिंसिपल की जिम्मेदारी दी गई थी। वे स्कूल में बच्चों को मैथ्स और साइंस पढ़ाते थे। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि शिक्षक के इस तरह नशे में स्कूल आने से बच्चों की पढ़ाई और स्कूल का माहौल प्रभावित हुआ। विभाग ने स्कूल से हटाकर ग्राम पंचायत मुख्यालय पर लगाया मामला सामने आने के बाद गुरुवार को अतिरिक्त ब्लॉक शिक्षा अधिकारी गणपत लाल मीणा ने शिक्षक को उंदरी स्थित स्कूल से हटाकर मीणों का नयागांव ग्राम पंचायत मुख्यालय पर नई जिम्मेदारी दी है। साथ ही मामले की जानकारी जिला शिक्षा अधिकारी को भी दी गई है। अतिरिक्त ब्लॉक शिक्षा अधिकारी गणपत लाल मीणा ने बताया कि शिक्षक के नशे की हालत में स्कूल आने की शिकायत मिली थी। मामले की जांच के लिए मीणों का नयागांव और पारा के राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय भेजा है। जांच रिपोर्ट मिलने के बाद उच्च अधिकारियों को अवगत कराया जाएगा और नियमानुसार उचित कार्रवाई की जाएगी। ग्रामीणों की मांग- विभाग करे सख्त कार्रवाई ग्रामीणों ने शिक्षा विभाग से मामले की निष्पक्ष जांच कराकर शिक्षक के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। उनका कहना है कि स्कूल में शिक्षक का नशे की हालत में पहुंचना बच्चों की सुरक्षा, पढ़ाई और विद्यालय की गरिमा से जुड़ा गंभीर मामला है। (इनपुट-मान सिंह मिना, घटियाली)
भिवानी में ज्वेलर्स से लूट का खुलासा:होटल कर्मचारियों ने रची थी लूट की साजिश; 2 किलो चांदी बरामद
भिवानी जिले के सिवानी मंडी में ज्वेलरी दुकान संचालक पर हमला कर जेवर लूटने के मामले में 4 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने आरोपियों से 2 किलोग्राम चांदी के जेवर बरामद किए हैं। यह जानकारी डीएसपी सिवानी सुरेंद्र कुमार ने दी। सिवानी के पुराना बस स्टैंड स्थित ज्वेलर्स की दुकान पर 14 अगस्त को सुबह वारदात हुई थी। शिकायतकर्ता अरुण निवासी वार्ड नंबर-08 सिवानी ने बताया कि उनका भाई विक्की स्कूटी पर दुकान का शटर खोलने आया था। तभी बाइक सवार तीन हमलावरों ने उस पर हमला कर दो बैग लूट लिए और फरार हो गए। वारदात की सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची और जांच शुरू की। मामले की गंभीरता को देखते हुए, भिवानी एसपी सुमित कुमार (आईपीएस) ने स्पेशल स्टाफ ईशरवाल को आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी के निर्देश दिए थे। पकड़े गए आरोपियों की हुई पहचान इन निर्देशों के तहत कार्रवाई करते हुए स्पेशल स्टाफ ईशरवाल ने गहनता से साक्ष्यों का विश्लेषण किया। एएसआई कश्मीर सिंह के नेतृत्व वाली टीम ने ज्वेलर्स से आभूषण लूटने के मामले में चार आरोपियों को गिरफ्तार किया। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान सिरसा जिले के बोरखा निवासी अमनदीप उर्फ कालू पुत्र बंशीलाल, सिरसा जिले के बोरखा निवासी अजय पुत्र बंशीलाल, फतेहाबाद जिले के बनगांव निवासी साहिल पुत्र कृष्ण कुमार और हिसार जिले की आदमपुर मंडी निवासी प्रिंस पुत्र राजेंद्र के रूप में हुई है। 2 किलो चांदी के जेवर बरामद पुलिस टीम ने गिरफ्तार आरोपियों से लूटे गए 2 किलो चांदी के आभूषण बरामद किए हैं। पुलिस जांच में खुलासा हुआ कि आरोपी अजय और साहिल सिवानी में होटल पर काम करते थे, जबकि प्रिंस भी होटल कर्मचारी था। 13 अगस्त को अजय के सिवानी स्थित मकान पर अमनदीप, साहिल और प्रिंस ने मिलकर ज्वेलर्स संचालक को लूटने की योजना बनाई थी। आरोपियों को पता था कि ज्वेलर्स संचालक रोजाना दुकान से घर और घर से दुकान सामान लेकर आता-जाता है, और इसी जानकारी के आधार पर उन्होंने वारदात को अंजाम दिया। कोर्ट ने एक दिन के रिमांड पर भेजे पुलिस टीम द्वारा चारों आरोपियों को कोर्ट में पेश किया गया, जहां कोर्ट ने आरोपियों को एक दिन के पुलिस रिमांड पर भेज दिया है। पुलिस रिमांड के दौरान आरोपियों से लूटे गए बाकी सामान की बरामदगी तथा वारदात में शामिल अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पूछताछ एवं प्रयास किए जाएंगे।
चित्रकूट के रामसैया में पर्यटन सुविधाओं के विस्तार के लिए डीएम पुलकित गर्ग और एसपी अरुण कुमार सिंह ने गुरुवार को औचक निरीक्षण किया। इस स्थल का विकास लगभग दो करोड़ रुपए की परियोजना से किया जाएगा। अधिकारियों ने प्रस्तावित कार्यों का जायजा लिया और श्रद्धालुओं की सुविधाओं को प्राथमिकता देने के निर्देश दिए। पर्यटन विभाग द्वारा यहां एक प्रवेश द्वार का निर्माण प्रस्तावित है। इसके अतिरिक्त, श्रद्धालुओं के लिए यात्री शेड और रैन बसेरा विकसित किया जाएगा। रैन बसेरे में गर्मी से बचाव के लिए कूलर और पंखों की व्यवस्था भी की जाएगी। पास के एक अन्य यात्री शेड में पुलिस चौकी बनाने का भी प्रस्ताव है, जिससे बढ़ती भीड़ के दौरान सुरक्षा व्यवस्था मजबूत होगी। अधिकारियों ने बताया कि रामसैया धार्मिक और पर्यटन के लिहाज से एक महत्वपूर्ण स्थल है, जहां साल भर बड़ी संख्या में श्रद्धालु आते हैं। परियोजना पूरी होने पर यात्रियों को बैठने, ठहरने और सुरक्षा सहित कई सुविधाएं एक ही स्थान पर मिल सकेंगी। डीएम और एसपी ने निरीक्षण के दौरान प्रस्तावित कार्यों को गुणवत्तापूर्ण तरीके से और समय पर पूरा करने पर जोर दिया। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, वनवास काल में भगवान श्रीराम ने माता जानकी के साथ रामसैया में समय व्यतीत किया था। यहां एक शिला पर आज भी उनके बैठने के चिन्ह मौजूद बताए जाते हैं। इसी धार्मिक महत्व के कारण यह स्थल श्रद्धालुओं के लिए आस्था का प्रमुख केंद्र है। रामसैया के विकास से स्थानीय पर्यटन को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है। बेहतर सुविधाओं से श्रद्धालुओं की संख्या में वृद्धि होगी, जिससे स्थानीय लोगों के लिए रोजगार के अवसर भी सृजित होंगे। निरीक्षण के दौरान भाजपा नेता अश्वनी अवस्थी, अनूप पांडे, अशोक मिश्रा और बंसी बिहारी चौबे सहित अन्य लोग उपस्थित थे।
माधोराजपुरा के पीपला स्थित नागणेची माताजी मंदिर परिसर में लगा हैंडपंप पिछले दो महीने से खराब पड़ा है। इसके चलते मंदिर में दर्शन के लिए आने वाले श्रद्धालुओं और राहगीरों को स्वच्छ पेयजल के लिए भटकना पड़ रहा है। जिम्मेदार विभाग द्वारा अब तक इसकी सुध नहीं लिए जाने से स्थानीय लोगों में नाराजगी है। मंदिर के पुजारी फूलचंद कुमावत ने बताया कि हैंडपंप खराब होने की शिकायत कई बार विभागीय अधिकारियों को दी जा चुकी है। हालांकि, दो महीने बीत जाने के बाद भी समस्या का समाधान नहीं हो सका है। उन्होंने बताया कि मंदिर में प्रतिदिन श्रद्धालु आते हैं, और पेयजल सुविधा नहीं होने से उन्हें भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। स्थानीय लोगों ने यह भी बताया कि हैंडपंप खराब होने के साथ-साथ इसकी ऊंचाई भी काफी कम है। इससे पानी भरने और उपयोग करने में लोगों को असुविधा होती है। ग्रामीणों ने विभाग से हैंडपंप को जल्द से जल्द दुरुस्त कराने और उसकी ऊंचाई बढ़ाने की मांग की है, ताकि मंदिर आने वाले श्रद्धालुओं और राहगीरों को राहत मिल सके। ग्रामीणों ने मांग की है कि यह एक धार्मिक स्थल होने के कारण विभाग को इस मामले में प्राथमिकता के आधार पर कार्रवाई करनी चाहिए। उनका कहना है कि हैंडपंप को तुरंत चालू किया जाए, ताकि यहां आने वाले लोगों को पेयजल के लिए इधर-उधर भटकना न पड़े।
हरियाणा के इंटरनेशनल कबड्डी प्लेयर की मौत:27 की उम्र में हार्ट अटैक आया, कुछ दिन पहले ऑपरेशन हुआ था
हरियाणा के जींद में 27 वर्षीय इंटरनेशनल कबड्डी खिलाड़ी मोहित दलाल उर्फ चेतन का बुधवार सुबह अचानक मौत हो गई। परिवार के मुताबिक, सुबह घर पर उनकी तबीयत बिगड़ी। परिजन उन्हें अस्पताल लेकर पहुंचे, लेकिन डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। डॉक्टरों ने मौत का कारण हार्ट अटैक बताया। मौत की खबर मिलते ही परिवार, गांव और कबड्डी जगत में शोक की लहर दौड़ गई। मोहित अपनी शानदार रेडिंग के लिए पहचाने जाते थे। वह दर्जनों बार बेस्ट रेडर रह चुके थे। अपनी प्रतिभा और मेहनत के दम पर उन्होंने हरियाणा और पंजाब में कई बड़े इनाम अपने नाम किए। वो शीलू बल्हारा के साथ भी मैच खेल चुके थे। उन्होंने केवल देश में ही इनाम नहीं जीते, बल्कि दुबई, कनाडा और इंग्लैंड में कबड्डी में भी कई ट्रॉफियां जीतीं। पिछले दिनों मोहित को चोट लगी थी, जिसके बाद उनका ऑपरेशन हुआ। ऑपरेशन के बाद वह रिकवरी कर रहे थे और दोबारा मैदान पर लौटने के लिए अभ्यास शुरू कर चुके थे। 10 साल की उम्र में स्टेडियम पहुंचना शुरू किया नंदगढ़ गांव के मोहित ने करीब 10 साल की उम्र में कबड्डी खेलना शुरू किया था। गांव के पूर्व पहलवान प्रकाश के मार्गदर्शन में उन्होंने स्टेडियम में प्रैक्टिस शुरू की। छोटी उम्र से ही खेल के प्रति उनका लगाव इतना था कि पढ़ाई और रोजमर्रा की जिंदगी के साथ कबड्डी उनकी दिनचर्या का हिस्सा बन गई। आगे चलकर उन्होंने शीलू बल्हारा समेत कई खिलाड़ियों के साथ मैच खेले। रेडिंग के दम पर हरियाणा-पंजाब में बनाई पहचान मोहित की पहचान एक बेहतरीन रेडर के रूप में थी। स्थानीय और बड़े कबड्डी टूर्नामेंटों में वह कई बार बेस्ट रेडर चुने गए। हरियाणा और पंजाब में खेलते हुए उन्होंने कई इनाम और ट्रॉफियां जीतीं। उनके खेल में तेजी और रेड के दौरान दबाव में फैसला लेने की क्षमता की साथी खिलाड़ी भी तारीफ करते थे। दुबई, कनाडा और इंग्लैंड में भी खेल चुके थे मोहित की प्रतिभा धीरे-धीरे गांव और प्रदेश की सीमाओं से बाहर पहुंची। वह दुबई, कनाडा और इंग्लैंड में भी कबड्डी खेल चुके थे। विदेशों में जाकर खेलने का अनुभव उनके खेल करियर की बड़ी उपलब्धियों में शामिल रहा। म चोट के बाद ऑपरेशन हुआ, वापसी की तैयारी कर रहे थे पिछले दिनों मोहित को चोट लगी थी, जिसके बाद उनका ऑपरेशन हुआ। ऑपरेशन के बाद वह रिकवरी कर रहे थे और दोबारा मैदान पर लौटने के लिए अभ्यास शुरू कर चुके थे। परिवार और साथी खिलाड़ियों को उम्मीद थी कि जल्द ही वह फिर कबड्डी के मैदान में नजर आएंगे। इसी बीच 19 अगस्त की सुबह अचानक तबीयत बिगड़ने से उनकी मौत हो गई। अचानक तबीयत बिगड़ी, अस्पताल पहुंचने से पहले ही मौत परिवार के अनुसार, मोहित सुबह घर पर थे। अचानक उनकी तबीयत खराब हुई तो परिजन उन्हें तुरंत अस्पताल लेकर गए। डॉक्टरों ने जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया। डॉक्टरों ने मौत का कारण हार्ट अटैक बताया।
भोपाल स्टेशन पर बुनियादी सुविधाओं में कमी उजागर हुई हैं। कैग ऑडिट में पेयजल, बैठने की व्यवस्था, पंखे, शौचालय और स्वच्छता से जुड़ी कमियां सामने आईं।
प्रयागराज में नदियों का जलस्तर लगातार बढ़ रहा है:खतरे के निशान से अभी 4 मीटर नीचे, सभी तटबंध सुरक्षित
प्रयागराज में लगातार हो रही बारिश के बीच गंगा और यमुना का जलस्तर बढ़ना जारी है। गुरुवार को सुबह 8 बजे से शाम 4 बजे तक भी नदियों के जलस्तर में बढ़ोतरी दर्ज की गई। फिलहाल गंगा और यमुना खतरे के निशान से काफी नीचे बह रही हैं। बाढ़ नियंत्रण कक्ष के मुताबिक सभी तटबंध सुरक्षित हैं। गुरुवार सुबह 8 बजे जारी रिपोर्ट के अनुसार नैनी में यमुना का जलस्तर 79.93 मीटर दर्ज किया गया। पिछले 24 घंटे में यहां 25 सेंटीमीटर की बढ़ोतरी हुई। फाफामऊ में गंगा 80.57 मीटर पर पहुंच गई, यहां 26 सेंटीमीटर पानी बढ़ा। वहीं छतनाग में गंगा का जलस्तर 79.54 मीटर दर्ज किया गया, जिसमें 23 सेंटीमीटर की वृद्धि हुई। इस दौरान नैनी में 9 मिमी, फाफामऊ में 21.8 मिमी और छतनाग में 18 मिमी बारिश दर्ज की गई। शाम 4 बजे तक बढ़ोतरी की रफ्तार धीमी गुरुवार शाम 4 बजे जारी रिपोर्ट में पिछले 4 घंटे में जलस्तर बढ़ने की रफ्तार कुछ धीमी रही। नैनी में यमुना 79.93 मीटर पर पहुंची और 2 सेंटीमीटर की बढ़ोतरी दर्ज हुई। फाफामऊ में गंगा 80.61 मीटर और छतनाग में गंगा 79.55 मीटर पर पहुंची। दोनों जगह भी 2-2 सेंटीमीटर पानी बढ़ा। खतरे के निशान से 4 मीटर से ज्यादा नीचे शाम 4 बजे तक तीनों प्रमुख गेज स्टेशनों पर जलस्तर खतरे के निशान 84.734 मीटर से काफी नीचे है। फाफामऊ में गंगा 80.61 मीटर, नैनी में यमुना 79.93 मीटर और छतनाग में गंगा 79.55 मीटर पर बह रही है। यानी फाफामऊ में पानी खतरे के निशान से 4.124 मीटर, नैनी में 4.804 मीटर और छतनाग में 5.184 मीटर नीचे है। प्रशासन की निगरानी बढ़ी लगातार बारिश और नदियों के बढ़ते जलस्तर को देखते हुए प्रशासन निगरानी कर रहा है। बाढ़ नियंत्रण कक्ष के अनुसार सभी तटबंध सुरक्षित हैं। फिलहाल बाढ़ जैसी स्थिति नहीं है, लेकिन जलस्तर में लगातार हो रही बढ़ोतरी को देखते हुए अधिकारियों की नजर नदियों के जलस्तर पर बनी हुई है।
सिवनी नगर पालिका के कर्मचारियों ने गुरुवार को पिछले दो महीने से वेतन न मिलने के विरोध में काम बंद हड़ताल कर दी। त्योहार से ठीक पहले वेतन न मिलने से परेशान कर्मचारियों की हड़ताल के बाद पहुंचे विधायक दिनेश राय मुनमुन के आश्वासन पर कर्मचारियों ने हड़ताल समाप्त की। पूर्व CMO के स्थगन आदेश से अटका वेतन वेतन में देरी का मुख्य कारण पूर्व सीएमओ विशाल मर्सकोले के तबादले के बाद उच्च न्यायालय से मिला स्थगन आदेश है। इसके चलते नई सीएमओ दिशा डेहरिया के पदभार को लेकर स्थिति स्पष्ट नहीं हो सकी और विभागीय काम अटक गए। बैंक खातों पर 'होल्ड' से रुकी भुगतान प्रक्रिया अधिकारियों के बीच प्रशासनिक अस्पष्टता के कारण नगर पालिका के बैंक खातों और दस्तावेजों पर होल्ड लग गया है। इस वजह से कर्मचारियों के वेतन सहित अन्य सभी आधिकारिक भुगतान रुक गए हैं। विधायक के आश्वासन के बाद काम पर लौटे कर्मचारी दोपहर तक चली हड़ताल के दौरान सिवनी विधायक दिनेश राय मुनमुन मौके पर पहुंचे। उन्होंने जल्द भुगतान का भरोसा दिया और कहा कि जरूरत पड़ने पर वे अपने स्तर से भी आर्थिक सहायता उपलब्ध कराने का प्रयास करेंगे, जिसके बाद कर्मचारियों ने काम शुरू कर दिया। मामले में नगर पालिका अध्यक्ष ज्ञानचंद सनोडिया ने बताया कि जबलपुर में संयुक्त निदेशक से मुलाकात कर व्यवस्था सुचारु करने की कोशिश की जा रही है। वहीं जबलपुर ZD परमेश जलोटे ने मीटिंग में होने के कारण बाद में बात करने की जानकारी दी।
खगौल महिला कॉलेज में 54वां स्थापना दिवस समारोह, मंत्री संजय टाइगर ने किया शिरकत
20 अगस्त, गुरुवार: पटना के खगौल स्थित महिला कॉलेज में 54वां स्थापना दिवस समारोह धूमधाम से मनाया गया। बिहार सरकार के उच्च शिक्षा एवं विधि मंत्री संजय टाइगर मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। छात्राओं ने सांस्कृतिक कार्यक्रमों के जरिए अपनी प्रतिभा प्रस्तुत की।
नागौर के माही दरवाजा क्षेत्र में गुरुवार को पानी की पाइपलाइन का जॉइंट टूटने से अचानक सड़क के बीच 30 फीट ऊंचा पानी का फव्वारा निकल पड़ा। पानी का बहाव इतना तेज था कि दूसरी मंजिल की ऊंचाई तक पहुंच गया। कुछ देर के लिए मौके पर अफरा-तफरी मच गई। बड़ी संख्या में लोग फव्वारा देखने के लिए जमा हो गए। अचानक सड़क से रिसाव हुआ प्रत्यक्षदर्शी गणेश ने बताया- वह अपनी दुकान पर बैठे थे। इसी दौरान अचानक जमीन से पानी का रिसाव शुरू हुआ। कुछ ही देर में पानी तेज दबाव के साथ ऊपर की ओर उछलने लगा और सड़क पर पानी भर गया। लोगों को कुछ देर के लिए ऐसा लगा जैसे जमीन फट गई हो और उसके अंदर से पानी का सैलाब निकल रहा हो। आधे घंटे तक बहता रहा पानी स्थानीय लोगों के अनुसार पाइपलाइन से करीब आधे घंटे तक लगातार पानी निकलता रहा। सूचना मिलने के बाद संबंधित विभाग की टीम मौके पर पहुंची। पानी की सप्लाई बंद कराई। इसके बाद सड़क पर जमा पानी और पाइपलाइन की स्थिति को संभालने का काम शुरू किया गया। नई पाइपलाइन की टेस्टिंग के दौरान फटा जॉइंट सिटी सहायक अभियंता सत्यनारायण बरोड़ ने बताया- माही दरवाजा से लोहारपुरा क्षेत्र में पानी सप्लाई के लिए नई पाइपलाइन डाली गई है। फिलहाल पाइपलाइन की टेस्टिंग चल रही थी। टेस्टिंग के दौरान अधिक प्रेशर देने से पाइपलाइन का जॉइंट फट गया। जिसके कारण पानी तेज दबाव के साथ बाहर निकला। उन्होंने बताया कि विभागीय टीम पाइपलाइन को दुरुस्त करने में जुटी है। जल्द ही मरम्मत का काम पूरा कर दोबारा टेस्टिंग की जाएगी। इसके बाद क्षेत्र में पानी की सप्लाई सुचारू की जाएगी।
बलिया में खोदी सड़कें तत्काल दुरुस्त कराएं अफसर:डीएम बोले- एनओसी में देरी न हो, कार्य मानक के अनुरूप
बलिया कलेक्ट्रेट सभागार में गुरुवार को जिला पेयजल एवं स्वच्छता मिशन के कार्यों की समीक्षा बैठक हुई। डीएम मंगला प्रसाद सिंह की अध्यक्षता में हुई बैठक में जिले में संचालित पेयजल परियोजनाओं की प्रगति, पाइपलाइन बिछाने और संबंधित कार्यों की गुणवत्ता पर चर्चा की गई। डीएम ने अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। डीएम ने पेयजल पाइपलाइन बिछाने के लिए आवश्यक अनापत्ति प्रमाण पत्र (एनओसी) जारी करने में अनावश्यक देरी न करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि यदि किसी स्थान पर एनओसी देना उचित है तो संबंधित विभाग तत्काल कार्रवाई सुनिश्चित करें। उन्होंने स्पष्ट किया कि पाइपलाइन बिछाने का कार्य निर्धारित मानकों के अनुरूप ही होना चाहिए और इसमें किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। डीएम ने निर्देश दिया कि पाइपलाइन बिछाने के लिए जहां भी सड़क, गली या अन्य मार्गों की खुदाई की गई है, वहां कार्य पूरा होने के बाद रास्ते को तत्काल दुरुस्त कराया जाए, ताकि लोगों को आवागमन में किसी प्रकार की परेशानी न हो। सड़क चौड़ीकरण और पाइपलाइन बिछाने के कार्यों में आपसी समन्वय पर जोर देते हुए डीएम ने कहा कि ऐसा नहीं होना चाहिए कि सड़क बनने के बाद दोबारा उसकी खुदाई कर पाइपलाइन बिछानी पड़े। उन्होंने सभी संबंधित विभागों और जलकल विभाग को आपसी समन्वय के साथ कार्य करने के निर्देश दिए। उन्होंने अधिकारियों को पेयजल से जुड़े कार्यों में विशेष सावधानी बरतने के निर्देश दिए। कहा कि जिला पेयजल योजना के तहत कराए जा रहे सभी कार्यों को तेजी से और पूरी गुणवत्ता के साथ निर्धारित समय-सीमा में पूरा किया जाए। उन्होंने स्कूल, अस्पताल और परिषदीय विद्यालयों के आसपास खोदी गई पेयजल पाइपलाइन की सड़कों को प्राथमिकता के आधार पर दुरुस्त कराने को कहा। जल निगम के सभी जेई और एई को कार्यदायी संस्था के साथ समन्वय बनाए रखने के निर्देश दिए गए, ताकि कहीं भी कार्य प्रभावित न हो। बैठक में मुख्य विकास अधिकारी (सीडीओ) आलोक कुमार, जिला विकास अधिकारी (डीडीओ) आनंद प्रकाश, नमामि गंगे के अधिकारी तथा अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।
चूरू जिले के रतनगढ़ थाना क्षेत्र के गांव गोगासर में एक महिला की जहरीला पदार्थ खाने से मौत हो गई। महिला ने भूलवश विषाक्त पदार्थ का सेवन कर लिया था, जिसके बाद बीकानेर में इलाज के दौरान उसकी जान चली गई। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस के अनुसार गोगासर निवासी केसर देवी (53) ने 10 अगस्त को गलती से किसी जहरीले पदार्थ का सेवन कर लिया था। इसके तुरंत बाद उनकी तबीयत बिगड़ने लगी। परिजनों ने केसर देवी को तत्काल रतनगढ़ के गवर्नमेंट अस्पताल में भर्ती कराया। वहां प्राथमिक उपचार के बाद उनकी गंभीर हालत को देखते हुए उन्हें बीकानेर रेफर कर दिया गया। बीकानेर में इलाज के दौरान बुधवार रात महिला ने दम तोड़ दिया। रतनगढ़ पुलिस ने मृतका के पति रामचंद्र की रिपोर्ट के आधार पर शव का पोस्टमार्टम करवाया और परिजनों को सौंप दिया। पुलिस इस मामले में महिला की मौत के सही कारणों का पता लगाने में जुटी है।
करनाल जिले में फरीदपुर के सरकारी स्कूल का एसडीएम राजेश कुमार सोनी औचक निरीक्षण किया। इस दौरान कई शिक्षक गायब थे, और कई कक्षा खाली थी, एक छात्र डेस्क पर सो रहा था तो मॉनिटर शोर करने वालों के नाम लिख रहा था। हैरानी यह रही कि एसडीएम करीब 15 मिनट तक कक्षाओं में घूमते रहे, लेकिन किसी शिक्षक को उनके आने की भनक तक नहीं लगी। औचक निरीक्षण के दौरान एसडीएम ने स्कूल प्रबंधन को जमकर फटकार लगाई और शिक्षकों की जिम्मेदारी पर सवाल उठाए। एसडीएम ने छात्रों के साथ दोस्ताना व्यवहार में बातचीत की और उनका मार्गदर्शन भी किया तथा सवाल भी पूछे। 15 मिनट तक किसी को एसडीएम के आने की भनक नहीं लगी गुरुवार की दोपहर करीब पौने एक बजे एसडीएम राजेश कुमार सोनी ने स्कूल में एंट्री करते ही एक-एक कक्षा का निरीक्षण शुरू कर दिया। वे करीब 15 मिनट तक अलग-अलग कमरों में पहुंचते रहे, लेकिन स्कूल स्टाफ में से किसी को उनके निरीक्षण की जानकारी तक नहीं हुई। जिन कक्षाओं में शिक्षक मौजूद नहीं थे, वहां एसडीएम ने सेक्शन और संबंधित शिक्षक की जानकारी नोट की। एक कक्षा में शिक्षक नहीं था। पीछे की तरफ एक छात्र डेस्क पर सो रहा था, जबकि कक्षा का मॉनिटर शोर करने वाले विद्यार्थियों के नाम बोर्ड पर लिख रहा था। कुछ अन्य कक्षाओं में भी स्थिति संतोषजनक नहीं मिली। कहीं कक्षाएं खाली पड़ी थीं तो कहीं शिक्षकों का काम भी बच्चों को ही करते देखा गया। इन हालात को देखकर एसडीएम पहली बार काफी नाराज नजर आए। प्रिंसिपल नहीं, इंचार्ज भी दूसरे स्कूल में थी कक्षाओं का निरीक्षण करने के बाद एसडीएम स्कूल के प्रिंसिपल कार्यालय की ओर पहुंचे। वहां जानकारी मिली कि स्कूल में नियमित प्रिंसिपल नहीं है और एक टीचर ही इंचार्ज की जिम्मेदारी संभाल रही है। उस समय स्कूल इंचार्ज भी दूसरे स्कूल में निरीक्षण के लिए गई हुई थीं। बाद में इंचार्ज स्कूल पहुंचीं। कक्षाएं खाली क्यों? नहीं मिला संतोषजनक जवाब एसडीएम ने स्कूल में खाली पड़ी कक्षाओं और शिक्षकों की गैरमौजूदगी को लेकर सवाल किए। स्कूल प्रबंधन की ओर से बताया गया कि कुछ शिक्षकों की ड्यूटी एसआईआर और अन्य सरकारी कार्यों में लगी हुई है, जबकि कुछ शिक्षक छुट्टी पर थे। उनकी जगह दूसरे शिक्षकों को कक्षाएं लेने के लिए एडजस्ट किया गया है। इस पर एसडीएम ने पूछा कि यदि शिक्षकों की एडजस्टमेंट की गई है तो वे संबंधित कक्षाओं में मौजूद क्यों नहीं थे। इस सवाल का स्कूल इंचार्ज और शिक्षकों के पास कोई संतोषजनक जवाब नहीं था। 10वीं के बच्चों के बीच बेंच पर बैठे एसडीएम निरीक्षण के दौरान एसडीएम राजेश कुमार सोनी ने 10वीं कक्षा के विद्यार्थियों से भी बातचीत की। इस कक्षा में बच्चे राष्ट्रीय कौशल योग्यता ढांचा (एनएसक्यूएफ) के तहत आईटी की पढ़ाई कर रहे थे। उस समय शिक्षिका बच्चों को पढ़ा रही थीं और एसडीएम भी विद्यार्थियों के बीच बेंच पर बैठ गए। एसडीएम ने जांची छात्रों की रीडिंग स्किल शिक्षिका का पीरियड पूरा होने के बाद अगला पीरियड खाली था। ऐसे में एसडीएम ने खुद बच्चों से बातचीत करते हुए पढ़ाई की कमान संभाल ली। उन्होंने विद्यार्थियों से अंग्रेजी की पुस्तक पढ़वाई और उनकी रीडिंग स्किल को परखा। साथ ही बच्चों से पूछा कि वे भविष्य में क्या बनना चाहते हैं और उनके जीवन का लक्ष्य क्या है। छात्रा ने सुनाया देशभक्ति गीत एसडीएम ने विद्यार्थियों को पाणिनी के जीवन-वृत्तांत से प्रेरणा लेने के लिए कहा। बच्चों ने भी खुलकर अपने लक्ष्य बताए। बातचीत का माहौल पूरी तरह दोस्ताना रहा। एसडीएम ने छात्राओं से भी उनके भविष्य के लक्ष्य जाने और उनकी प्रतिभा को परखा। एक छात्रा ने उनके सामने देशभक्ति गीत भी सुनाया। छात्र बोले-आप आते रहें तो स्कूल का माहौल ठीक रहता है बच्चों से बातचीत के दौरान विद्यार्थियों ने एसडीएम से कहा कि वे समय-समय पर स्कूल का दौरा करते रहें। इससे स्कूल का माहौल बेहतर रहता है। निरीक्षण के दौरान छुट्टी की घंटी भी बज गई, लेकिन एसडीएम विद्यार्थियों के साथ बातचीत और उनकी पढ़ाई का स्तर जानने में लगे रहे। छुट्टी के बाद कई छात्राएं एकत्रित होकर एसडीएम के पास पहुंचीं और उनसे ऑटोग्राफ मांगा। एसडीएम ने भी बच्चियों को ऑटोग्राफ दिए। इसके बाद उन्होंने स्कूल इंचार्ज के साथ स्कूल की व्यवस्था और शिक्षकों की मौजूदगी को लेकर विस्तार से बातचीत की। अभिभावक बच्चों का भविष्य बनाने भेजते हैं, लापरवाही बर्दाश्त नहीं एसडीएम ने स्कूल प्रबंधन और शिक्षकों को स्पष्ट कहा कि अभिभावक अपने बच्चों को स्कूल में उनका भविष्य बेहतर बनाने के लिए भेजते हैं। ऐसे में यदि शिक्षक ही अपनी जिम्मेदारी का सही तरीके से निर्वहन नहीं करेंगे तो इसका सीधा असर विद्यार्थियों की पढ़ाई पर पड़ेगा। उन्होंने कहा कि स्कूल में विद्यार्थियों और शिक्षकों की संख्या का अनुपात अच्छा है, इसके बावजूद यदि कक्षाएं संभालने में परेशानी आ रही है तो यह गंभीर विषय है। उन्होंने कहा कि स्कूल प्रबंधन को शिक्षकों की एडजस्टमेंट इस तरह करनी चाहिए कि किसी भी कक्षा में शिक्षक की कमी न रहे। प्रत्येक कक्षा में निर्धारित समय पर शिक्षक मौजूद होना चाहिए। भविष्य में इस तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। एसडीएम बोले- एडजस्टमेंट में मिली भारी अनियमितता मीडिया से बातचीत में एसडीएम राजेश कुमार सोनी ने बताया कि कुछ शिक्षकों की ड्यूटी एसआईआर और अन्य कार्यों में लगी हुई है, जबकि कुछ शिक्षक छुट्टी पर थे। इन शिक्षकों की जगह दूसरे शिक्षकों को कक्षाओं के लिए एडजस्ट किया गया था, लेकिन निरीक्षण में इस व्यवस्था में भारी अनियमितताएं सामने आईं। उन्होंने स्कूल प्रबंधन को निर्देश दिए कि शिक्षकों की एडजस्टमेंट से जुड़े सभी मुद्दों को तुरंत दूर किया जाए। जितनी भी कक्षाएं चल रही हैं, उनमें शिक्षक की मौजूदगी सुनिश्चित होनी चाहिए ताकि बच्चों की पढ़ाई प्रभावित न हो। उन्होंने शिक्षकों से यह भी कहा कि वे बच्चों को इस तरीके से पढ़ाएं कि विषय उन्हें लंबे समय तक याद रहे और पढ़ाई केवल कक्षा तक सीमित न रहे।
भाजपा महानगर कार्यकारिणी की सूची जारी हुई तो सारे कायासों पर विराम लग गया। सूची में जातिगत के साथ सामाजिक समीकरण पर जोर दिया गया है। ऐसा पहली बार है जब पंजाबी, मारवाणी और सिंधी समाज के लोगों को एक साथ महानगर की टीम में जगह दी गई है। इन समाज के लोगों की अच्छी-खासी संख्या शहर क्षेत्र में निवास करती है। इस सूची के जरिए गोरखपुर शहर व गोरखपुर ग्रामीण, दोनों विधानसभा क्षेत्रों के मतदाताओं को साधने की कोशिश की गई है। भाजपा की इस सूची ने सभी को हतप्रभ कर दिया है। इसमें 81 प्रतिशत चेहरे बदल दिए गए हैं। केवल 4 ऐसे नेता हैं, जिन्हें पिछली कार्यकारिणी में भी जगह मिली थी और इस बार भी उन्हें कार्यकारिणी में लाया गया है। कुछ पदाधिकारियों का प्रमोशन हुआ है तो मार्चों में बेहतर काम करने वालों को मेन बॉडी में लाया गया है। नए महानगर अध्यक्ष ने हर समाज के लोगों को प्रतिनिधित्व देने की कोशिश की है। जानिए सूची का जातिगत समीकरणइस सूची में दो ब्राह्मण नेताओं को जगह दी गई है। क्षत्रिय नेताओं की बात करें तो इस बार भी 21 की सूची में 3 चेहरे नजर आ रहे हैं। पिछली कार्यकारिणी में भी इतने ही नेता इस वर्ग से थे। 5 पदाधिकारी पिछले वर्ग से आते हैं। अध्यक्ष को जोड़ लें तो यह संख्या 6 हो जाएगी। इस बार एससी वर्ग का प्रतिनिधित्व भी बढ़ाया गया है। पिछली कार्यकारिणी में इस वर्ग से एक पदाधिकारी थे, जबकि इस बार संख्या 2 हो गई है।पिछली कार्यकारिणी में 3 महिलाएं थीं लेकिन इस बार 2 रह गई हैं। इसके साथ ही पंजाबी समाज से जगनैन सिंह नीटू को महानगर मंत्री बनाया गया है। जगनैन पेशे से पत्रकार रहे हैं और वर्तमान में सामाजिक कार्यों से जुड़े हैं। पंजाबी समाज में उनकी खासी पकड़ मानी जाती है। पंजाबी एकेडमी के सदस्य भी हैं। इसी तरह मारवाड़ी, सिंधी व बंगाली समाज को भी तवज्जो दी गई है। बंगाली समाज से सिद्धांतो घोष को भी जिला मंत्री बनाया गया है। मारवाडी समाज से आने वाले निखिल मोटानी को भी जिला मंत्री बनाया गया है। इसी तरह सिंधी समाज के विक्की कुकरेजा को कोषाध्यक्ष की जिम्मेदारी दी गई है। विक्की शहर के प्रतिष्ठित व्यापारी हैं। उधर, शहर में बड़ी आबादी वाले कायस्थ समाज से केवल एक प्रतिनिधित्व है। हालांकि पिछले महानगर अध्यक्ष कायस्थ समाज से ही थे। 4 पदाधिकारियों के अनुभव को मिली तवज्जोनई कार्यकारिणी में 4 पदाधिकारियों के अनुभव को तवज्जो दी गई है। महानगर अध्यक्ष पद के दावेदार रहे अच्युतानंद शाही को एक बार फिर महानगर महामंत्री जैसे महत्वपूर्ण पद पर रिपीट किया गया है। उनके अलावा रणविजय सिंह मुन्ना को महानगर मंत्री से प्रमोट कर महानगर उपाध्यक्ष बनाया गया है। रणविजय शाही को महानगर उपाध्यक्ष के पद पर बरकरार रखा गया है। मनोज अग्रहरि को एक बार फिर कार्यकारिणी में रखा गया है। उनका भी प्रमोशन हुआ है। उन्हें महानगर मंत्री से प्रमोट कर महानगर महामंत्री बनाया गया है। वरिष्ठ पत्रकार आलोक दूबे बताते हैं कि भाजपा की यह कार्यकारिणी पूरी तरह से नई है। केवल कुछ ही चेहरों को रिपीट किया गया है। लंबे समय से पार्टी से जुड़े लोगों को तवज्जो देकर पद दिया गया है। चुनाव पर इसका असर नजर आएगा। नई कार्यकारिणी में अनुभवी लोगों के साथ युवाओं को तरजीह दी गई है। किसान मोर्चा, युवा मोर्चा, महिला मोर्चा के नेताओं को तरजीह दी गई है।
खैरथल-तिजारा जिले के हरसोली गांव में मकानों के ऊपर से गुजर रही 11 केवी बिजली लाइन को हटाने की मांग को लेकर ग्रामीणों ने किशनगढ़बास विधायक दीपचंद खैरिया से मुलाकात की। ग्रामीणों ने विधायक को एक ज्ञापन सौंपा, जिसमें बताया गया कि यह लाइन 40 वर्षों से अधिक पुरानी है और इससे जान का खतरा बना हुआ है। ग्रामीणों ने लाइन के कारण हुए हादसों के बारे में बताया ग्रामीणों ने हरसोली-बीबीरानी फाटक के पास स्थित इस पुरानी बिजली लाइन से पूर्व में हुए हादसों का भी जिक्र किया। उन्होंने भविष्य में किसी बड़े हादसे की आशंका जताते हुए मांग की कि इस लाइन को तत्काल हटाकर सुरक्षित स्थान पर ट्रांसफर किया जाए। ग्रामीणों की समस्या पर विधायक दीपचंद खैरिया ने बिजली लाइन के ट्रांसफर कार्य के लिए लगभग 8 लाख रुपए स्वीकृत करने की घोषणा की। जल्द ही आवश्यक कागजी कार्रवाई पूरी कर बिजली लाइन को सुरक्षित स्थान पर ट्रांसफर करने की प्रक्रिया शुरू की जाएगी। ये रहे मौजूद इस दौरान अशोक कुमार, मुरारीलाल, बलबीर, योगेश, भगवत प्रसाद, धर्मपाल, संदीप कुमार, अंजू, कुसुमलता, सुनीता, पूनम, अनीता, गीता, लक्ष्मी सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण मौजूद रहे।
2 अक्टूबर से अमृत भारत एक्सप्रेस का संचालन शुरू:बैतूल स्टेशन पर दोनों दिशाओं में होगा ठहराव
बैतूल। बैतूल से हैदराबाद जाने वाले यात्रियों के लिए नई रेल सुविधा शुरू होने जा रही है। चर्लपल्ली-गोरखपुर अमृत भारत एक्सप्रेस का नियमित संचालन 2 अक्टूबर से शुरू होगा। ट्रेन का बैतूल स्टेशन पर दोनों दिशाओं में ठहराव रहेगा, जिससे हैदराबाद और आसपास के क्षेत्रों के लिए यात्रियों को सीधा रेल विकल्प मिलेगा। 2 अक्टूबर से शुरू होगी सेवा ट्रेन क्रमांक 22075 चर्लपल्ली-गोरखपुर अमृत भारत एक्सप्रेस प्रत्येक शुक्रवार रात 9:45 बजे चर्लपल्ली से रवाना होगी। यह शनिवार सुबह 9:08 बजे बैतूल पहुंचेगी और दो मिनट के ठहराव के बाद 9:10 बजे आगे रवाना होगी। ट्रेन नागपुर, भोपाल, बीना, कानपुर, लखनऊ, बाराबंकी और गोंडा होते हुए रविवार सुबह 6:25 बजे गोरखपुर पहुंचेगी। वापसी में ट्रेन क्रमांक 22076 गोरखपुर-चर्लपल्ली अमृत भारत एक्सप्रेस प्रत्येक रविवार सुबह 8:30 बजे गोरखपुर से चलेगी। यह सोमवार सुबह 3:13 बजे बैतूल पहुंचेगी और 3:15 बजे रवाना होकर शाम 5 बजे चर्लपल्ली पहुंचेगी। वापसी सेवा 4 अक्टूबर से शुरू होगी। ट्रेन में स्लीपर और जनरल श्रेणी के कोच उपलब्ध रहेंगे। हैदराबाद जाने वालों को मिलेगा सीधा विकल्प वर्तमान में बैतूल से सिकंदराबाद और हैदराबाद के लिए सीधी ट्रेनों की संख्या सीमित है। 12792 सिकंदराबाद एक्सप्रेस और 12722 दक्षिण एक्सप्रेस प्रतिदिन चलती हैं, जबकि कुछ साप्ताहिक ट्रेनें भी उपलब्ध हैं। ऐसे में चर्लपल्ली से शुरू होने वाली अमृत भारत एक्सप्रेस बैतूल और आसपास के जिलों के यात्रियों के लिए अतिरिक्त सीधा विकल्प उपलब्ध कराएगी। एपी एक्सप्रेस के ठहराव की भी मांग अमृत भारत एक्सप्रेस के बाद यात्रियों ने 12723/12724 एपी एक्सप्रेस के बैतूल में ठहराव की मांग भी उठाई है। यह ट्रेन हैदराबाद-सिकंदराबाद से नई दिल्ली के बीच चलती है, लेकिन बैतूल में इसका ठहराव नहीं है। यात्रियों का कहना है कि नागपुर और भोपाल के बीच बैतूल में ठहराव मिलने से हैदराबाद और दिल्ली जाने वाले यात्रियों को सुविधा मिल सकती है।
बरेली में तेज रफ्तार कार ने टेंपो में जोरदार टक्कर मार दी। हादसे में टेंपो सवार रिटायर्ड PWD कर्मचारी की इलाज के दौरान मौत हो गई। टेंपो चालक गंभीर रूप से घायल है और अस्पताल में भर्ती है। पुलिस ने कार को कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी है। मृतक की पहचान सुभाषनगर के रहने वाले 74 साल सियाराम पुत्र रघ्घुलाल के रूप में हुई है। वह PWD में चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी के पद से रिटायर्ड थे। परिजनों के मुताबिक, सोमवार सुबह सियाराम टेंपो से बड़ा डाकखाना के पास स्थित प्रजापिता ब्रह्माकुमारी आश्रम जा रहे थे। टेंपो होटल डी ग्रांड के पास पहुंचा था। इसी दौरान सामने से आई तेज रफ्तार कार ने टेंपो को टक्कर मार दी। हादसे में सियाराम और टेंपो चालक रामनिवास गंभीर रूप से घायल हो गए। दोनों को तत्काल निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया। इलाज के दौरान बुधवार रात सियाराम ने दम तोड़ दिया। वहीं, रामनिवास का अस्पताल में इलाज चल रहा है। पुलिस ने हादसे वाली कार को जब्त कर लिया है और मामले की जांच कर रही है।
साल 1984 में हुए सिख विरोधी दंगों के दोषी कांग्रेस के पूर्व सांसद सज्जन कुमार का गुरुवार को 80 साल की उम्र में निधन हो गया। न्यूज एजेंसी ANI के सूत्रों के मुताबिक, उन्हें मृत अवस्था में सफदरजंग अस्पताल में में लाया गया था, जहां उन्होंने अपनी अंतिम सांस ली। उनकी मौत पर 1984 के दंगों में पीड़ित हुए लोगों ने नाराजगी जताई है। 1984 वेलफेयर सोसाइटी की महिला विंग की अध्यक्ष बीबी गुरदीप कौर ने सज्जन कुमार की मौत पर लुधियाना में कहा कि यह एक स्वाभाविक मौत थी। इस दुनिया में जिसने भी जन्म लिया है, उसे एक दिन मरना ही है, हमारा समय भी आएगा। उन्होंने कहा- हमें संतुष्टि तब मिलती जब उन्हें फांसी दी जाती, वह अपनी पूरी जिंदगी जेल में काटते और उन्हें वह सजा मिलती, जिसके वह हकदार थे। हमारे जख्म आज भी हरे हैं और उनसे खून बह रहा है। न्याय मिलने से उन्हें भरने में मदद मिल सकती थी। हम उनकी इस मौत से संतुष्ट नहीं हैं। सज्जन कुमार दिसंबर 2018 से तिहाड़ जेल में बंद थे। दिल्ली हाईकोर्ट ने 1984 सिख विरोधी दंगों के एक केस में उन्हें उम्रकैद की सजा सुनाई थी। दंगों से जुड़े एक केस में वह बरी हो गए थे, जबकि 2 में उन्हें सजा सुनाई गई थी। 1984 दंगे- सज्जन पर सिखों की हत्या का आरोप 2 मामलों में दोषी, उम्रकैद की सजा दिल्ली कैंट की पालम कॉलोनी में 5 सिखों की हत्या और गुरुद्वारा जलाने के मामले में सज्जन कुमार दोषी पाए गए। दिल्ली हाईकोर्ट ने 17 दिसंबर 2018 को उन्हें उम्रकैद की सजा सुनाई। सितंबर 2023 में राउज एवेन्यू कोर्ट ने सुल्तानपुरी में 3 सिखों की हत्या के मामले में उन्हें बरी कर दिया। CBI की गवाह चाम कौर ने आरोप लगाया था कि सज्जन भीड़ को भड़का रहे थे। 1 नवंबर 1984 को सरस्वती विहार में सरदार जसवंत सिंह और उनके बेटे तरुणदीप सिंह की हत्या हुई थी। 12 फरवरी 2025 को सज्जन कुमार को इस मामले में दोषी ठहराया गया और 25 फरवरी को उम्रकैद की सजा सुनाई गई। ॰॰॰॰॰॰॰॰॰॰॰॰ यह खबर भी पढ़ें… दिन में सिखों का कत्ल, रात में महिलाओं से रेप:दंगाइयों ने पानी-बिजली काट दी, बच्चों को जिंदा रखने के लिए पिलानी पड़ी पेशाब 31 अक्टूबर 1984 को तत्कालीन प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी की दो सिख बॉडीगार्ड्स ने गोली मारकर हत्या कर दी थी, जिसके बाद देश के कई हिस्सों में सिख-विरोधी दंगे भड़क उठे। दिल्ली के त्रिलोकपुरी, सुल्तानपुरी, मंगोलपुरी, कल्याणपुरी, शाहदरा, गीता कॉलोनी और पालम में कत्लेआम हुआ। पढ़ें पूरी खबर…
सागर के गोपालगंज थाना क्षेत्र के तिली तिगड्डा में ड्राइवर सौरभ अहिरवार के घर से मिले करीब 3.2 करोड़ रुपए के मामले की जांच अब सागर लोकायुक्त करेगी। पुलिस ने पत्र लिखकर मामले की जांच लोकायुक्त को सौंप दी है। लोकायुक्त डीएसपी के नेतृत्व में 5 सदस्यीय टीम बनाई गई है। टीम जब्त रकम और मामले से जुड़े लोगों की संपत्ति की जांच करेगी। हथियार की सूचना पर घर पहुंची थी पुलिस रविवार को गोपालगंज पुलिस सोशल मीडिया पर पिस्तौल के साथ फोटो मिलने के बाद सौरभ अहिरवार के घर पहुंची थी। पुलिस तलाशी ले रही थी, तभी एक बंद अलमारी से नोटों से भरे बैग मिले। गिनती के बाद करीब 3.2 करोड़ रुपए जब्त किए गए। पूछताछ में परिजनों ने रकम भोपाल निवासी अपने रिश्तेदार रिटायर्ड इंजीनियर की बताई थी। हालांकि, रिटायर्ड इंजीनियर ने इस दावे को निराधार बताया है। रकम और संपत्ति की होगी जांच सागर लोकायुक्त एसपी डीके राठौर ने बताया कि मामला लोकायुक्त के पास आया है। 5 सदस्यीय टीम गठित कर जांच शुरू कर दी गई है। टीम मामले से जुड़े सभी बिंदुओं की जांच करेगी। जब्त रकम और संबंधित लोगों की संपत्ति की भी जांच की जाएगी। जांच पूरी होने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी। इस मामले से जुड़ी यह खबर भी पढ़ें… बंदूक तलाशने पहुंची पुलिस, ड्राइवर के घर 3 करोड़ मिलेमध्यप्रदेश के सागर में रविवार को पुलिस एक युवक के घर बंदूक की तलाश में पहुंची थी। सोशल मीडिया पर पिस्तौल के साथ फोटो मिलने के बाद पुलिस उसकी तस्दीक करने पहुंची। तलाशी के दौरान बंदूक तो नहीं मिली, लेकिन एक लॉक अलमारी से बैग में करीब 3 करोड़ रुपए कैश मिला। नोटों की गिनती के लिए मशीन मंगानी पड़ी। पूरी खबर पढ़ें…
प्रयागराज के नवाबगंज थाने में गैंगस्टर एक्ट के मुकदमे में वांछित 50 हजार रुपये के इनामी बदमाश छैला बाबू सरोज को एसटीएफ की प्रयागराज फील्ड यूनिट ने नई दिल्ली से गिरफ्तार कर लिया। वह लंबे समय से फरार चल रहा था और गिरफ्तारी से बचने के लिए दिल्ली में छिपकर रह रहा था। एसटीएफ ने उसे 19 अगस्त की शाम करीब 6:40 बजे दिल्ली के सरोजनी नगर थाना क्षेत्र स्थित वरिंदर कंस्ट्रक्शन कंपनी लिमिटेड के गेट के सामने सड़क से गिरफ्तार किया। गिरफ्तारी के बाद उसे स्थानीय थाने में दाखिल कराया गया और आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी कर प्रयागराज लाया गया। चोरी-लूट की कई वारदातों में शामिल रहा आरोपी पूछताछ में आरोपी ने बताया कि वह प्रयागराज के नवाबगंज थाना क्षेत्र के बैरेज श्रृंगवेरपुर गांव का निवासी है। पुलिस के अनुसार वह एक संगठित आपराधिक गिरोह का सरगना है। वर्ष 2025 में उसने अपने साथियों के साथ मिलकर चोरी और लूट की कई घटनाओं को अंजाम दिया था। इन मामलों में प्रयागराज और आसपास के जिलों के विभिन्न थानों में मुकदमे दर्ज हैं। पुलिस रिकॉर्ड के मुताबिक आरोपी पहले भी जेल जा चुका है। वर्ष 2026 में उसके और उसके एक साथी के खिलाफ नवाबगंज थाने में गैंगस्टर एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज किया गया था, जिसके बाद से वह फरार चल रहा था। कंस्ट्रक्शन कंपनी परिसर में बनाया था ठिकाना एसटीएफ को सूचना मिली थी कि छैला बाबू सरोज दिल्ली में एक कंस्ट्रक्शन कंपनी के परिसर में रह रहा है। इसके बाद टीम ने निगरानी बढ़ाई और सटीक सूचना के आधार पर उसे गिरफ्तार कर लिया। पुलिस के अनुसार आरोपी के खिलाफ प्रयागराज और प्रतापगढ़ के विभिन्न थानों में चोरी, लूट, आर्म्स एक्ट समेत कई गंभीर धाराओं में मुकदमे दर्ज हैं। अब उससे पूछताछ कर उसके गिरोह और अन्य आपराधिक गतिविधियों के संबंध में जानकारी जुटाई जा रही है।
श्रीगंगानगर जिले में दिनदहाड़े महिला से घर में घुसकर लूट करने का मामला सामने आया है। आरोपी महिला को बेहोश कर घर से सोने की जेवरात लूटकर फरार हो गया। घटना श्रीकरणपुर थाना क्षेत्र की है। जानकारी अनुसार गुरुवार दोपहर करीब 1 बजे वीणा ग्रोवर (47) निवासी वार्ड नंबर-7 (श्रीकरणपुर) अपने घर पर अकेली थी। इसका एक बेटा स्कूल गया हुआ था जबकि दो काम पर गए हुए थे। महिला कमरे में कपड़े प्रेस कर रही थी। इसी दौरान घर के स्टोर रूम से कुछ सामान निचे गिरने की आवाज आई। जिसे महिला देखने स्टोर रूम में चली गई। स्टोर रूम में खड़ा था चोर इसी दौरान स्टोर रूम में एक चोर पहले से खड़ा था, जिसने महिला पर बेहोशी की स्प्रे छिड़क दी। जिससे महिला बेहोश हो गई और नीचे गिर गई। इस दौरान चोर सीढ़ियां चढ़कर छत से भाग गया। कुछ समय बाद महिला का लड़का घर आया। उसने गेट खोलने के लिए गेट खटखटाया लेकिन गेट अंदर से बंद था और उसकी मां बेहोश पड़ी थी। काफी समय बाद जब अंदर से किसी ने गेट नहीं खोला तो उसने आसपास के पड़ोसियों को बताया। इसके बाद लोगों ने घर के अंदर जाकर गेट खोला। महिला जमीन पर बेहोश पड़ी थी। इसके बाद लोगों ने उसे पानी पिलाया और खड़ी किया तो महिला ने आपबीती सुनाई। घटना के बाद श्रीकरणपुर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू की। बोले- ये 15वीं घटना लोगों के अनुसार पिछले एक महीने में दिनदहाड़े चोरी और लूट की ये 15वीं घटना है। जिससे लोग आक्रोशित है। स्थानीय लोगों का कहना है कि पुलिस चोरों को पकड़ने में नाकाम है। जब से श्रीकरणपुर थाने में नई थानाधिकारी सीर कौर आई है कोई कार्रवाई नहीं हो रही। लोगों में दहशत का माहौल बना हुआ है।
झाबुआ में किसानों का अनिश्चितकालीन धरना शुरू:फोरलेन मुआवजे की मांग पर कलेक्ट्रेट परिसर घेरा
झाबुआ में बदनावर-टिमरवानी फोरलेन निर्माण के मुआवजे की मांग को लेकर किसानों ने गुरुवार से कलेक्ट्रेट परिसर में अनिश्चितकालीन धरना शुरू कर दिया है। भारतीय किसान संघ के बैनर तले यह प्रदर्शन उन किसानों द्वारा किया जा रहा है, जो दिए जा रहे मुआवजे से असंतुष्ट हैं। इस विरोध प्रदर्शन में प्रभावित क्षेत्रों के साथ-साथ दूर-दराज के किसान भी बड़ी संख्या में शामिल हुए हैं। इस आंदोलन में भारतीय किसान संघ मालवा प्रांत के संभाग अध्यक्ष कृष्णपाल सिंह राठौर, प्रांत उपाध्यक्ष दयाराम पटीदार, जिला अध्यक्ष बच्चू सिंह मेड़ा और जिला मंत्री वरदीचंद पटीदार सहित कई किसान नेता उपस्थित रहे। किसानों की लंबे समय से मांग है कि उन्हें फोरलेन भूमि अधिग्रहण के बदले नियमानुसार बाजार मूल्य से चार गुना अधिक मुआवजा दिया जाए। प्रशासन की कथित उदासीनता से नाराज किसानों ने धरना स्थल पर सद्बुद्धि के गीत गाकर अपनी मांगों को सरकार तक पहुंचाने का अनूठा तरीका अपनाया। यहां से भी आए प्रदर्शनकारी यह आंदोलन जिला मुख्यालय के अलावा पेटलावद, थांदला और मेघनगर क्षेत्रों में भी चरणबद्ध प्रदर्शनों के बाद शुरू हुआ है। गत 31 जुलाई को मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के थांदला प्रवास के दौरान भी किसानों ने अपनी समस्याओं को लेकर ज्ञापन सौंपा था, लेकिन कोई ठोस निर्णय न होने से उनमें गहरा असंतोष व्याप्त है। जिले में अब तक के इस सबसे बड़े किसान प्रदर्शन को देखते हुए प्रशासन ने सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए हैं। झाबुआ कोतवाली सहित आसपास के थानों से भारी पुलिस बल कलेक्ट्रेट परिसर में तैनात किया गया है। किसानों ने स्पष्ट कर दिया है कि वे अपनी मांगें पूरी होने तक पीछे नहीं हटेंगे। अपनी दृढ़ता दिखाते हुए किसान धरना स्थल पर ही भोजन बनाने के सामान और विश्राम की पूरी व्यवस्था के साथ पहुंचे हैं, जो लंबे समय तक आंदोलन जारी रखने की उनकी तैयारी को दर्शाता है। कलेक्टर कार्यालय के बाहर प्रदर्शन करते किसान
कोटपूतली-बहरोड़ जिले में नगर निकाय चुनाव को लेकर कलेक्टर अपर्णा गुप्ता और एसपी सतवीर सिंह ने राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों के साथ बैठक की। बैठक में चुनाव संबंधी दिशा-निर्देश दिए। जिले के 9 नगरीय निकायों के 325 वार्डों में 9 और 11 सितंबर को दो चरणों में मतदान होगा। कलेक्टर ने बताया- सदस्य पदों के लिए लोक सूचना 27 अगस्त को जारी की जाएगी। नामांकन दाखिल करने की अंतिम तिथि 31 अगस्त, जबकि नामांकन पत्रों की जांच 1 सितंबर को होगी। नाम वापसी की अंतिम तिथि 3 सितंबर और चुनाव चिन्हों का आवंटन 4 सितंबर को होगा। कलेक्टर और एसपी ने राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों और आमजन से आदर्श आचार संहिता का कड़ाई से पालन करने और भयमुक्त होकर मतदान करने की अपील की। किसी भी प्रकार की धमकी या दबाव की शिकायत प्रशासन या पुलिस को दी जा सकती है, जिस पर तुरंत कार्रवाई की जाएगी।
निकाय चुनाव की आचार संहिता लागू होने के साथ ही अब जिला प्रशासन ने तैयारियां शुरू कर दी है। सीकर कलेक्टर और जिला निर्वाचन अधिकारी आशीष मोदी ने आज प्रेस कॉन्फ्रेंस करके चुनाव से जुड़ी जानकारी दी। उन्होंने बताया कि इस बार जिले के 14 निकायों में कुल 5 लाख 97 हजार 601 मतदाता अपने मताधिकार का उपयोग करेंगे। इनमें 3 लाख 10 हजार 345 पुरुष,2 लाख 87 हजार 248 महिलाएं और 8 ट्रांसजेंडर है। अब जानिए किस नगरीय निकाय में कितने मतदाता किस निकाय में कितने बूथ पार्षद के लिए 2 चरणों में कब कहां वोटिंग देखिए- सीकर नगर परिषद की वार्डवाइज लॉटरी
बलिया के फेफना विधानसभा क्षेत्र के दर्जनों ग्रामीण गुरुवार दोपहर करीब 1 बजे कलेक्ट्रेट पहुंचे। उन्होंने बढ़वलिया बंधे पर निर्माणाधीन ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे से सीधी कनेक्टिविटी और स्लिप रोड बनाने की मांग की। फेफना विधायक संग्राम सिंह यादव भी ग्रामीणों के साथ मौजूद थे और उन्होंने इस मांग का समर्थन किया। ग्रामीणों ने बताया कि ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे का निर्माण क्षेत्र के विकास और जनता की सुविधा के लिए हो रहा है। उनका तर्क था कि आसपास के गांवों को इसका सीधा लाभ मिलना चाहिए। ग्रामीणों के अनुसार, बढ़वलिया बंधे पर एक्सप्रेसवे की कनेक्टिविटी और स्लिप रोड बनने से फेफना विधानसभा क्षेत्र के दर्जनों गांवों के लोगों को आवागमन में बड़ी सहूलियत होगी। ग्रामीणों ने चिंता व्यक्त की कि यदि एक्सप्रेसवे की कनेक्टिविटी गांवों से लगभग 20 किलोमीटर दूर दी जाती है, तो इसका मूल उद्देश्य प्रभावित होगा। उन्हें एक्सप्रेसवे तक पहुंचने के लिए लंबी दूरी तय करनी पड़ेगी, जिससे समय और धन दोनों का अधिक व्यय होगा। बढ़वलिया बंधे पर कनेक्टिविटी मिलने से कई गांवों के लोगों को कम दूरी में एक्सप्रेसवे तक पहुंचने की सुविधा मिलेगी। ग्रामीणों ने जोर दिया कि ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे केवल बड़े शहरों और प्रमुख मार्गों को जोड़ने के लिए नहीं है, बल्कि यह क्षेत्र के आम लोगों को बेहतर आवागमन सुविधा प्रदान करने वाली एक महत्वपूर्ण परियोजना है। इसलिए, इसके निर्माण के दौरान स्थानीय ग्रामीणों की सुविधाओं और आवश्यकताओं पर भी ध्यान दिया जाना चाहिए। ग्रामीणों ने प्रशासन से आग्रह किया कि उनकी समस्या को गंभीरता से लेते हुए इसका शीघ्र समाधान किया जाए और बढ़वलिया बंधे पर ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे की कनेक्टिविटी सुनिश्चित की जाए। ग्रामीणों ने चेतावनी दी कि यदि एक सप्ताह के भीतर उनकी मांग पर सकारात्मक निर्णय नहीं लिया गया, तो क्षेत्र के विभिन्न गांवों के लोग लोकतांत्रिक तरीके से आंदोलन करने के लिए मजबूर होंगे।
इंदौर में कछुआ तस्करी को लेकर बड़ी कार्रवाई:30 कछुए जब्त, दो युवक गिरफ्तार; ग्राहक तलाश रहे थे दोनों
वन्य प्राणियों की तस्करी के खिलाफ स्टेट टाइगर स्ट्राइक फोर्स ने इंदौर में कार्रवाई करते हुए कछुआ तस्करी के मामले में दो युवकों को गिरफ्तार किया है। टीम ने आरोपियों के कब्जे से अलग-अलग प्रजातियों के 30 कछुए बरामद किए हैं। पुलिस ने गुरुवार को खुलासा किया। स्टेट टाइगर स्ट्राइक फोर्स को सूचना मिली थी कि दो युवक कछुए बेचने के लिए ग्राहकों की तलाश कर रहे हैं। सूचना के आधार पर टीम ने योजना बनाकर दोनों को पकड़ लिया। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान मुसाखेड़ी निवासी केशव शर्मा और रोहन गौड़ के रूप में हुई है। पूछताछ में सामने आया कि केशव ग्राहकों से संपर्क कर कछुओं का सौदा करता था, जबकि रोहन उन्हें ग्राहकों तक पहुंचाता था। दोनों मिलकर कछुओं की तस्करी कर रहे थे। कार्रवाई के दौरान टीम ने उनके कब्जे से विभिन्न प्रजातियों के 30 कछुए बरामद किए। कछुओं को जब्त करने के बाद दोनों आरोपियों को न्यायालय में पेश किया गया। वन विभाग की टीम मामले की आगे जांच कर रही है।
लखनऊ में 63 यूपी बटालियन एनसीसी का जागरूकता सेमिनार:200 कैडेट्स ने टीबी मुक्त भारत का संकल्प लिया
लखनऊ में 63 यूपी बटालियन एनसीसी की ओर से मोंटफोर्ट इंटर कॉलेज, महानगर के ऑडिटोरियम में ‘टीबी मुक्त भारत’ विषय पर जागरूकता सेमिनार का आयोजन किया गया । इसमें लखनऊ ग्रुप की सभी बटालियनों के करीब 200 एनसीसी कैडेट्स शामिल हुए। एएनओ और पीआई स्टाफ ने भी कार्यक्रम में हिस्सा लिया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि लखनऊ एनसीसी ग्रुप के ग्रुप कमांडर ब्रिगेडियर पुनीत श्रीवास्तव रहे। उन्होंने कहा कि युवा शक्ति समाज में सकारात्मक बदलाव ला सकती है। उन्होंने कैडेट्स से कहा कि अगर 200 कैडेट्स पांच-पांच लोगों या परिवारों को टीबी के प्रति जागरूक करें तो सीधे 1,000 परिवारों तक संदेश पहुंचाया जा सकता है। इसी तरह जागरूकता की श्रृंखला बनाकर देश को टीबी मुक्त बनाने में योगदान दिया जा सकता है। टीबी के लक्षण और बचाव की दी जानकारी मुख्य वक्ता जिला क्षय रोग अधिकारी डॉ. अतुल कुमार सिंघल ने कैडेट्स को टीबी के लक्षण, बचाव, समय पर जांच और उपचार की जानकारी दी। उन्होंने डिजिटल माध्यमों के इस्तेमाल पर भी जोर दिया। उन्होंने कैडेट्स से टीबी से संबंधित आधिकारिक सरकारी ऐप मोबाइल में इंस्टॉल करने की अपील की। बताया कि इसके जरिए टीबी से जुड़ी जानकारी और स्वास्थ्य सहायता आसानी से मिल सकती है। कार्यक्रम के अंत में स्वास्थ्य मंत्रालय की ओर से जारी देशव्यापी शपथ के तहत सभी 200 कैडेट्स ने समाज में टीबी के प्रति जागरूकता फैलाने का संकल्प लिया। ये मौजूद रहे कार्यक्रम की शुरुआत पर्यावरण संरक्षण के संदेश के साथ हुई। मोंटफोर्ट इंटर कॉलेज के प्रधानाचार्य ब्रदर जीनू अब्राहम ने ब्रिगेडियर पुनीत श्रीवास्तव को पौधा भेंट कर स्वागत किया। वहीं, 63 यूपी बटालियन एनसीसी के कमांडिंग ऑफिसर और नोडल अधिकारी कर्नल अनिल कुमार शर्मा ने डॉ. अतुल कुमार सिंघल को मार्गदर्शन के लिए स्मृति चिन्ह भेंट किया। कार्यक्रम का आयोजन कर्नल अनिल कुमार शर्मा के दिशा-निर्देशन में हुआ। मोंटफोर्ट इंटर कॉलेज के एएनओ मेजर राजन सिंह परिहार और सूबेदार मेजर अरविंद कुमार के नेतृत्व में सेमिनार का संचालन किया गया।
दानापुर में बीस सूत्री बैठक, मीसा भारती ने योजनाओं की समीक्षा कर अधिकारियों को लगाई फटकार
20 गुरुवार, अगस्त: दानापुर प्रखंड कार्यालय में बीस सूत्री कार्यक्रम क्रियान्वयन समिति की बैठक हुई। सांसद मीसा भारती ने सरकारी योजनाओं और विकास कार्यों की समीक्षा की। अपेक्षित प्रगति नहीं मिलने पर अधिकारियों को फटकार लगाई।
दिल्ली में प्रधानमंत्री मोदी की पूजा, चालीसा भी गाया; बिहार में मंदिर बनाने का पहले ही हो चुका ऐलान
विवाद होने पर प्रेस क्लब ने एक सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए बताया कि इस कार्यक्रम का आयोजन प्रेस क्लब की तरफ से नहीं किया था। एक संगठन ने प्रेस कॉन्फ्रेंस करने के लिए हॉल किराए पर लिया था।
प्रखंड ऑफिस का DM ने किया सरप्राइज इंस्पेक्शन:शेखपुरा में व्यवस्थाओं का लिया जायजा, दुकान सील
शेखपुरा में गुरुवार को जिला पदाधिकारी शेखर आनंद ने शेखपुरा प्रखंड कार्यालय का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने कार्यालय की कार्यप्रणाली और जन-कल्याणकारी योजनाओं की जमीनी हकीकत का जायजा लिया। निरीक्षण के क्रम में कार्यालय परिसर के पास एक संदिग्ध गुमटी को सील कर दिया गया।जिला पदाधिकारी ने कार्यालय के अभिलेखों के रख-रखाव की जांच की। उन्होंने आगत-निर्गत पंजी, बायोमैट्रिक उपस्थिति पंजी, कर्मचारियों की सेवा पुस्तिका, योजनावार पंजी और प्रखंड स्तरीय बैठकों की अनुपालन पंजी का बारीकी से निरीक्षण किया। इंस्पेक्शन के दौरान दुकान सील इसके अतिरिक्त, डीएम ने आम जनता से जुड़ी महत्वपूर्ण योजनाओं की अद्यतन स्थिति की जानकारी ली। इनमें वृद्धा पेंशन, राशन कार्ड निर्माण, भूमि के खाता-खसरा व रकबा ऑनलाइन चढ़ाने की स्थिति, शौचालय निर्माण और पेयजल आपूर्ति शामिल थे। उन्होंने कॉमन सर्विस सेंटर (CSC) के माध्यम से दी जा रही नागरिक सुविधाओं की भी समीक्षा की और सभी कर्मियों की उपस्थिति दर्ज करने के निर्देश दिए। निरीक्षण के दौरान, जिला पदाधिकारी ने कार्यालय परिसर के पास स्थित एक गुमटी (दुकान) पर छापा मारा। जांच करने पर गुमटी से जमीन से जुड़े कई महत्वपूर्ण कागजात, सरकारी रसीदें, पहचान पत्र (आधार व पैन कार्ड) तथा नकद राशि बरामद हुई। लापरवाही या बिचौलियों की संलिप्तता बर्दाश्त नहीं - DM मामले की गंभीरता को देखते हुए, जिला प्रशासन ने उक्त गुमटी को तत्काल प्रभाव से सील कर दिया। इस पूरे मामले की विस्तृत जांच के आदेश भी जारी कर दिए गए हैं।इस औचक निरीक्षण के दौरान कई जिला स्तरीय वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे। इनमें एडीएम लखींद्र पासवान, डीसीसी राकेश कुमार, एसडीओ प्रियंका कुमारी, भूमि सुधार उप समाहर्ता मृत्युंजय कुमार, जिला विकास पदाधिकारी सह जिला जनसंपर्क पदाधिकारी आर्य गौतम, प्रखंड विकास पदाधिकारी और अंचलाधिकारी, शेखपुरा शामिल थे। जिला पदाधिकारी ने स्पष्ट शब्दों में हिदायत दी कि कार्य में किसी भी प्रकार की लापरवाही या बिचौलियों की संलिप्तता बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने अधिकारियों को जन-समस्याओं का समयबद्ध और पारदर्शी तरीके से निवारण करने का निर्देश दिया।
हरदोई में जहरीले सांप के काटने से एक एंबुलेंस चालक की हालत गंभीर हो गई है। उन्हें बचाने के लिए दोस्तों ने 400 थपकियां दीं और डॉक्टरों ने 30 एंटी-वेनम इंजेक्शन लगाए, लेकिन स्थिति में सुधार नहीं हुआ। गंभीर हालत को देखते हुए डॉक्टरों ने उन्हें लखनऊ के उच्च संस्थान में रेफर कर दिया है। बुधवार की आधी रात के बाद 2 बजे एंबुलेंस चालक को सांप ने काटा था और गुरुवार दोपहर करीब 1 बजे उनको मेडिकल कॉलेज से लखनऊ रेफर कर दिया गया। फर्रुखाबाद के बीरपुर के रहने वाले ओवेंद्र (35) हरपालपुर सीएचसी में एंबुलेंस चालक हैं। बुधवार की रात करीब 2 बजे जब वह अपने क्वार्टर में सो रहे थे, तब एक जहरीले सांप ने उनके बाएं हाथ की उंगली में डस लिया। सांप के काटने के बाद ओवेंद्र ने तुरंत अपने सहकर्मी प्रदीप को जगाया। प्रदीप उन्हें तत्काल सीएचसी इमरजेंसी ले गए, जहां प्राथमिक उपचार दिया गया। उपचार के बाद ओवेंद्र अपने क्वार्टर लौट आए थे। गुरुवार सुबह ओवेंद्र को अचानक चक्कर आने लगे, उल्टियां हुईं और सांस लेने में भारी तकलीफ महसूस हुई। हालत बिगड़ती देख सीएचसी के डॉक्टरों ने उन्हें मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया। मेडिकल कॉलेज में ईएमओ डॉ. शेर सिंह और डॉ. रूपेंद्र सिंह की निगरानी में उनका इलाज शुरू हुआ। डॉक्टरों ने उन्हें लगातार जगाए रखने की सलाह दी, ताकि जहर के असर से वे कोमा में न जाएं। डॉक्टरों की सलाह पर ओवेंद्र के साथी हरिओम और प्रदीप ने उन्हें जगाए रखने के लिए बारी-बारी से उनके गाल, सीने और पीठ पर थपकियां दीं। दो घंटों के भीतर दोस्तों ने लगभग 400 थपकियां देकर उन्हें होश में रखने का प्रयास किया। इसी दौरान, मेडिकल टीम ने सांप के जहर के प्रभाव को कम करने के लिए 30 एंटी-वेनम इंजेक्शन लगाए। इन तमाम प्रयासों के बावजूद, गुरुवार दोपहर 1 बजे तक ओवेंद्र की स्थिति लगातार नाजुक बनी रही। जिसके बाद डॉक्टरों ने उन्हें लखनऊ के उच्च संस्थान में रेफर कर दिया। ओवेंद्र के परिवार में पत्नी, एक बेटा और एक बेटी है।
भिवानी के चौधरी बंसीलाल नागरिक अस्पताल के कमरा नंबर 6 में ऑर्थोडॉन्टिक्स क्लीनिक की सेवाएं शुरु हो गई हैं। जिसका शुभारंभ सिविल सर्जन डॉ. रघुवीर शांडिल्य ने किया। उन्होंने कहा कि नागरिक अस्पताल में स्वास्थ्य सुविधाओं को लगातार अपग्रेड किया जा रहा है, जिसके तहत डेंटल ओपीडी में ऑर्थोडॉन्टिक्स क्लीनिक शुरू किया गया है। सिविल सर्जन डॉ. शांडिल्य ने कहा कि इस सुविधा से अब स्थानीय लोगों को टेढ़े-मेढ़े दांतों को ठीक करने, ब्रेसिज लगवाने और अन्य जटिल ओरल हेल्थ ट्रीटमेंट के लिए स्नातकोत्तर मेडिकल कालेज रोहतक या महंगे प्राइवेट क्लीनिकों के चक्कर नहीं काटने पड़ेंगे। प्राइवेट क्लीनिकों में ऑर्थोडॉन्टिक्स (ब्रेसिज/तार लगाने) का इलाज काफी महंगा होता है, जिससे आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों के बच्चे इस ट्रीटमेंट से वंचित रह जाते थे। अब नागरिक अस्पताल में बिना किसी इंतजार के यह मुफ्त सुविधा मिल जाएगी इसलिए सभी इसका लाभ उठाएं। दांतों की सही सेप के लिए सबसे सही उम्र 12 से 14 वर्षडॉ. विनोद पंवार ने कहा कि वर्तमान में अस्पताल में कोई वेटिंग लिस्ट नहीं है। बच्चों के टेढ़े-मेढ़े दांतों का इलाज पूरी तरह से नि:शुल्क (फ्री) में किया जा रहा है। दांतों की सही सेप के लिए आमतौर पर बच्चों और किशोरों की सबसे सही उम्र 12 से 14 वर्ष होती है। इसलिए जल्द से जल्द बंसीलाल नागरिक अस्पताल की पुरानी डेंटल ओपीडी के कमरा नंबर 6 एवं कमरा नंबर 25 में आकर अपने डॉक्टर से परामर्श कर लें। सभी सरकारी स्वास्थ्य योजनाओं के मुफ्त इलाज के लाभ के लिए अपना आधार कार्ड या आयुष्मान कार्ड साथ जरूर रखें। इस अवसर पर डॉ विनी, डॉ लता पंवार, डॉ. प्रीति, डॉ. रीना, डॉ. नवीन नैन सहित मेट्रन सरला, सुशीला, निशा, सेनेटरी इंटरसेप्टर सज्जन कुमार, स्वास्थ्य निरीक्षक जगदीश प्रसाद सहित विकास, अनिल, धर्मपाल और दीपक उपस्थित थे।
कैमूर जिला व्यवहार न्यायालय के एडीजे षष्टम सह पॉक्सो के विशेष न्यायाधीश प्रमोद कुमार पांडेय की अदालत ने एक महत्वपूर्ण फैसला सुनाया है। अदालत ने 16 वर्षीय छात्रा के अपहरण और सामूहिक दुष्कर्म के मामले में चार अभियुक्तों को उम्रकैद की सजा सुनाई है। इसके साथ ही प्रत्येक दोषी पर 46-46 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया गया है। सजा पाने वाले अभियुक्तों में चैनपुर थाना क्षेत्र के मोती कुमार मूर्ति (पिता मिस्त्री बिंद), मोहन कुमार (पिता रामबाण बिंद), सुखु बिंद (पिता मिठु बिंद) और विकास कुमार (पिता नारायण बिंद) शामिल हैं। पॉक्सो के विशेष लोक अभियोजक शशिभूषण पांडेय के अनुसार, यह घटना 21 अप्रैल 2024 की सुबह हुई थी। नाबालिग छात्रा शौच के लिए गई थी, तभी चारों अभियुक्तों ने उसका अपहरण कर सामूहिक दुष्कर्म किया। पीड़िता के पिता-भाई को जान से मारने की धमकी घटना के बाद आरोपियों ने पीड़िता को उसके पिता और भाई को जान से मारने की धमकी दी थी। डर के कारण पीड़िता ने तुरंत किसी को नहीं बताया, लेकिन चार दिन बाद घर आए अपने ममेरे भाई को आपबीती सुनाई। प्राथमिकी दर्ज होने के बाद पुलिस ने त्वरित अनुसंधान किया और अदालत में आरोप पत्र दाखिल किया। स्पीडी ट्रायल के दौरान अभियोजन पक्ष ने 9 गवाहों के बयान और मजबूत दस्तावेजी साक्ष्य पेश किए। अदालत ने दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद चारों को दोषी करार देते हुए यह फैसला सुनाया।
अलवर में नगर निगम की साल 2012 की सफाईकर्मी भर्ती (329 पद) में नियुक्ति पत्र मिलने के बावजूद 33 अभ्यर्थियों को नौकरी के लिए चक्कर काटने पड़ रहे हैं। वाल्मीकि समाज के प्रतिनिधिमंडल और पीड़ित अभ्यर्थियों ने नगर निगम के नए कमिश्नर लक्ष्मीकांत से गुरुवार को मुलाकात की। अभ्यर्थियों ने नए कमिश्नर लक्ष्मीकांत से नौकरी की मांग की। अभ्यर्थियों ने कहा- सरकार और प्रशासन ने इस भर्ती को जानबूझकर उलझा कर रखा है। बता दें कि वन राज्य मंत्री संजय शर्मा द्वारा 12 अगस्त को कलेक्टर और आयुक्त के खिलाफ दिए धरने के बाद निगम प्रशासन ने आनन-फानन में 5 अभ्यर्थियों को और फिर 19 अगस्त को 28 अभ्यर्थियों को नियुक्ति पत्र जारी कर दिए थे। हालांकि अब तक किसी को भी ड्यूटी जॉइन नहीं कराई गई है। 'अनुभव प्रमाण पत्र की शर्त बेमानी' वाल्मीकि समाज के प्रतिनिधि नरेश लोहरा ने कहा- वाल्मीकि समाज के अभ्यर्थी पीढ़ियों से सफाई का काम करते आ रहे हैं। ऐसे में उनसे अनुभव प्रमाण पत्र मांगना पूरी तरह गलत है।मंत्री के हस्तक्षेप के बाद नियुक्ति पत्र बांट दिए गए, लेकिन जॉइनिंग रोक दी गई। जब तक सभी 329 अभ्यर्थियों को नौकरी नहीं मिल जाती, विरोध जारी रहेगा। अभ्यर्थी बोले- जॉइनिंग के नाम पर टालमटोल कर रहे अभ्यर्थी संजय कुमार ने बताया- 12 अगस्त से नियुक्ति पत्र बांटे जा रहे हैं, लेकिन जॉइनिंग के नाम पर टालमटोल की जा रही है। अफसरों की ओर से अभी तक कोई सकारात्मक जवाब नहीं मिला है। यह भर्ती आचार संहिता के दायरे से भी बाहर है। फिर भी अभ्यर्थियों को राहत नहीं दी जा रही। पुराने आदेशों का करेंगे अध्ययन नए कमिश्नर लक्ष्मीकांत कटारा ने कहा- भर्ती से जुड़ी पूरी फाइल की जानकारी ली जा रही है। पुराने आदेशों और नियमानुसार ही आगे की कार्रवाई की जाएगी। प्रतिनिधिमंडल को आश्वस्त किया है कि पूरे मामले की पड़ताल कर प्रक्रिया को आगे बढ़ाया जाएगा।
झुंझुनूं कलेक्ट्रेट में आवारा कुत्ते ने लोगों पर हमला कर दिया। जो सामने आता उसके पीछे पड़ जाता और झपट कर काट लेता। कुत्ता ने किसी के हाथ पर काटा तो किसी के पैर में दांत गड़ा दिए। हमले में कुल 5 लोग जख्मी हुए हैं। इसमें वकील, पुलिसकर्मी, मजदूर और सरकारी कर्मचारी शामिल हैं। घटना में लोगों को घायल करने के बाद कुत्ता भी कलेक्ट्रेट परिसर में ही मर गया। परिषद् की टीम ने उसे मोड़ा पहाड़ क्षेत्र में दफनाया। पूरी घटना गुरुवार सुबह 10 बजे की है। इस घटना से पूरे परिसर में दहशत फैल गई और लोग अपनी जान बचाने के लिए इधर-उधर भागने लगे। घायलों को तत्काल राजकीय बीडीके अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उनका उपचार किया गया। अब पढ़िए पूरा घटनाक्रम… वकील के हाथ-पैर पर काटा वरिष्ठ अधिवक्ता रणजीत सिंह ने बताया- मैं सुबह करीब 10 बजे एसीजेएम कोर्ट की ओर जा रहे था। इसी दौरान कुत्ते ने पीछे से हमला कर दिया। बचने के लिए हाथ-पैर मारे तो कुत्ते ने उनके हाथ और जांघ पर काट लिया। इसके बाद लोगों ने तुरंत अस्पताल पहुंचाया जहां हाथ पर 2 टांके लगाए गए। मजदूर पर भी झपटा सिंह ने बताया- परिसर में बजरी छानने का काम कर रहे परशुराम पर भी कुत्ते ने हमला कर दिया। कुत्ते ने परसनाराम की कोहनी पर काट लिया। इसके अलावा एक सरकारी कर्मचारी, एक पुलिसकर्मी और कैंटीन के पास काम कर रहे अन्य मजदूर भी कुत्ते के हमले की चपेट में आ गए। प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि कुत्ता जिस भी व्यक्ति के सामने आया, उस पर हमला कर दिया। कैंटीन और कोर्ट की तरफ भागे लोग प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, घटना के दौरान लोग बचने के लिए इधर-उधर भागते नजर आए। कई लोगों ने दुकानों, कार्यालयों और कोर्ट परिसर में शरण ली। कुछ देर के लिए कलेक्ट्रेट-कचहरी परिसर में कामकाज भी प्रभावित हुआ। कुत्ते की भी मौत हुई नगर परिषद के सब इंस्पेक्टर अली हसन खान ने बताया कि सूचना मिलते ही टीम को मौके पर भेजा गया। उन्होंने बताया कि हमला करने के कुछ समय बाद ही कुत्ते की परिसर में मौत हो गई। इसके बाद नगर परिषद की टीम ने शव को हटाकर मोड़ा पहाड़ क्षेत्र में सुरक्षित तरीके से दफना दिया। झुंझुनूं बार के पूर्व जिला अध्यक्ष विजय ओला ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट के दिशा-निर्देशों के बावजूद शहर में आवारा कुत्तों और अन्य आवारा पशुओं की समस्या पर प्रभावी कार्रवाई नहीं हो रही है। उन्होंने कहा कि यदि समय रहते नगर परिषद और प्रशासन ने ठोस कदम उठाए होते तो इस तरह की घटना टाली जा सकती थी।
कटिहार में हथियार बेच रहा युवक गिरफ्तार:बरारी पुलिस की बड़ी कार्रवाई, देसी कट्टा-कारतूस बरामद
कटिहार जिले में अवैध हथियारों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत बरारी थाना पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस ने बलुआ बाजार स्थित एक होटल की आड़ में अवैध हथियार बेच रहे एक व्यक्ति को गिरफ्तार किया है। उसके पास से एक देसी कट्टा और दो जिंदा कारतूस बरामद किए गए हैं। पुलिस अधीक्षक परिचय कुमार ने बताया कि 19 अगस्त की शाम गश्ती के दौरान बरारी थानाध्यक्ष को गुप्त सूचना मिली थी। सूचना के अनुसार, बलुआ बाजार में एक व्यक्ति होटल की आड़ में अवैध हथियारों की खरीद-बिक्री कर रहा था। एक देसी कट्टा और दो जिंदा कारतूस बरामद इस सूचना के सत्यापन और आवश्यक कार्रवाई के लिए थानाध्यक्ष बरारी ने पुलिस बल के साथ बलुआ बाजार में छापेमारी की। छापेमारी के दौरान एक व्यक्ति पुलिस को देखकर भागने का प्रयास करने लगा, जिसे पुलिस बल की मदद से खदेड़कर पकड़ लिया गया। पूछताछ में पकड़े गए व्यक्ति ने अपनी पहचान रंजीत कुमार चौधरी (38) पुत्र स्वर्गीय राजेंद्र चौधरी, निवासी बलुआ बाजार, थाना बरारी, जिला कटिहार के रूप में बताई। जिले में लगातार जारी रहेगा अभियान पुलिस ने उसकी दुकान की तलाशी ली, जहां से एक देसी कट्टा और दो जिंदा कारतूस बरामद हुए। इसके बाद आरोपी को गिरफ्तार कर थाने लाया गया। इस मामले में संबंधित धाराओं के तहत प्राथमिकी दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है। कटिहार पुलिस ने दोहराया है कि जिले में अवैध हथियारों और अपराध के खिलाफ उनका अभियान लगातार जारी रहेगा।
झांसी में सड़क हादसे में एक युवक की मौत हो गई। वह बाइक से घर लौट रहा था। सड़क पर घुप्प अंधेरा था, तभी बाइक सड़क पर बैठी गाय से टकरा गई। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि युवक बाइक से लगभग 10 फीट ऊपर उछलकर सिर के बल सड़क पर जा गिरा। आसपास के लोग उसे मेडिकल कॉलेज लेकर आए। जहां पर डॉक्टरों ने संदीप यादव (28) को मृत घोषित कर दिया। हादसा बुधवार रात लगभग 10 बजे हुआ। अब इसका सीसीटीवी फुटेज सामने आया है। पुलिस ने शव कब्जे में लेकर मामले की जांच शुरू कर दी है। पूरा मामला सीपरी बाजार थाना क्षेत्र के भोजला गांव का है। दोस्त के जन्मदिन में गया था संदीप यादव (28) पुत्र रामकुमार यादव भाेजला गांव का रहने वाला था। दो भाइयों में वह छोटा था। संदीप की शादी मोहिनी से हुई थी। उनका 6 साल का एक बेटा शौर्य है। मृतक के फूफा प्रेम यादव ने बताया- संदीप खेती किसानी करता था। मंगलवार को उसके एक दोस्त का बर्थ-डे था। रात लगभग 8 बजे दोस्त का फोन आया तो वह बर्थ-डे पार्टी में शामिल होने भोजला मंडी के सामने वीरू ढाबा पर गया था। वहां केक काटा और सभी ने खाना खाया। रात 10 बजे मोहिनी के फोन करने पर भतीजा बाइक से घर आ रहा था। घर से 300 मीटर पहले हादसा हुआ फूफा ने आगे बताया- सड़क पर घुप्प अंधेरा था। संदीप के घर से लगभग 300 मीटर पहले सड़क पर 3 गाय बैठी थी। अंधेरे की वजह से गाय नजर नहीं आई और बाइक सीधे एक गाय से टकरा गई। टक्कर के बाद संदीप उछलकर सड़क पर गिर गया। घटना के बाद आसपास के लोग एकत्र हो गए। सूचना पर घरवाले भी पहुंच गए। संदीप को मेडिकल कॉलेज लेकर आए तो डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। गुरुवार को पुलिस पंचनामा भरकर शव का पोस्टमार्टम करा रही है। ट्रक चालक के सामने हुआ हादसा, मगर रुका नहीं हादसे का 4.20 मिनट का एक सीसीटीवी फुटेज सामने आया है। जिसमें नजर आ रहा है कि बेकाबू बाइक सड़क पर बैठी गाय से टकरा गई। बाइक चालक सिर के बल गिरा और फिर उठ नहीं पाया। हादसा देखकर एक ट्रक चालक ने 10 मीटर दूर ट्रक राेक लिया और दस सेकेंड बाद ही वह ट्रक लेकर भाग निकला। इसके बाद बाइक समेत अन्य वाहन भी निकले, सभी सड़क पर पड़े युवक को देखते हुए निकल गए। कुछ देर बाद आसपास के लाेग आए और युवक को उठाकर सड़क किनारे ले गए।
बागपत में भारतीय किसान यूनियन अराजनीतिक (भाकियू अराजनीतिक) ने नगर पालिका और जल निगम से संबंधित समस्याओं ऑफिस मे ज्ञापन देकर तत्काल समाधान की मांग को लेकर जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपा। यह ज्ञापन जिला अध्यक्ष चौधरी धीरेंद्र कसाना के नेतृत्व में दिया गया। संगठन ने आरोप लगाया कि लंबे समय से शिकायतें दर्ज होने के बावजूद कई समस्याओं का समाधान नहीं हुआ है और अब कागजी कार्रवाई के बजाय जमीनी स्तर पर काम की आवश्यकता है। ज्ञापन में बताया गया कि शहर के कई क्षेत्रों में दो वर्ष, छह महीने और दो महीने से पानी की समस्या बनी हुई है। किसान यूनियन ने प्रभावित इलाकों में तत्काल पेयजल आपूर्ति सुचारू करने की मांग की। इसके अतिरिक्त, टूटी हुई पाइपलाइनों की मरम्मत और खराब पानी की लाइनों को तुरंत ठीक करने की भी मांग की गई। संगठन ने सुभाष गेट के सामने मुख्य पानी की लाइन की तत्काल मरम्मत की मांग उठाई। साथ ही, जल निगम की खुदाई के कारण खराब हुई सड़कों की मरम्मत कराने को भी कहा गया। ज्ञापन में झूठी शिकायतों और कार्यों की गुणवत्ता को लेकर भी जांच की मांग की गई। किसान यूनियन ने नगर पालिका की लगभग दस लंबित समस्याओं का मौके पर समाधान कराने की मांग की। उन्होंने यह भी कहा कि नगर पालिका और जल निगम के अधिकारी एक-दूसरे पर जिम्मेदारी डालने के बजाय, संबंधित अधिकारी को मौके पर भेजकर समस्याओं का समाधान कराएं। ज्ञापन में जनसुनवाई पोर्टल पर झूठी या भ्रामक रिपोर्ट लगाने वाले अधिकारी-कर्मचारियों की जांच कर उनके खिलाफ कार्रवाई की मांग की गई। संगठन ने चेतावनी दी कि यदि लिखित आश्वासनों के बावजूद समस्याओं का समाधान नहीं हुआ, तो आंदोलन किया जाएगा। किसान यूनियन ने जोर देकर कहा कि जनता को कागजों में नहीं, बल्कि जमीनी स्तर पर समस्याओं का समाधान चाहिए।
बागपत में नाबालिग से छेड़छाड़ का आरोप:विरोध करने पर परिवार के घर में घुसकर मारपीट
बागपत कोतवाली क्षेत्र के एक गांव में नाबालिग किशोरी से छेड़छाड़ का आरोप लगा है। आरोप है कि इस घटना के विरोध के बाद आरोपियों ने घर में घुसकर परिवार के साथ मारपीट की। पीड़िता की मां ने पुलिस को शिकायत देकर आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर कानूनी कार्रवाई की मांग की है। पुलिस को दी गई शिकायत के अनुसार, नाबालिग किशोरी दुकान से सामान लेने जा रही थी। तभी पड़ोस में रहने वाले एक युवक ने उसके साथ कथित तौर पर छेड़छाड़ की। किशोरी घर लौटकर परिजनों को घटना की जानकारी दी। इसके बाद उसके माता-पिता आरोपी के घर पहुंचे और विरोध जताया। इस दौरान दोनों पक्षों के बीच गाली-गलौज हुई, जिसके बाद आसपास के लोगों ने हस्तक्षेप कर समझौता करा दिया। पीड़िता की मां का आरोप है कि समझौते के बावजूद आरोपी अपनी हरकतों से बाज नहीं आया। कुछ समय बाद, वह अपने परिवार के कुछ सदस्यों के साथ लाठी-डंडे और धारदार हथियार लेकर पीड़ित परिवार के घर में घुस आया। आरोप है कि हमलावरों ने घर में मौजूद महिलाओं और किशोरी के साथ बदसलूकी की और मारपीट की। इस हमले में महिला और उसकी बेटी को चोटें आई हैं। शिकायत में यह भी बताया गया है कि महिला के पति के हाथ और शरीर के अन्य हिस्सों में भी चोटें लगी हैं। शोर सुनकर आसपास के लोग मौके पर पहुंचे और पीड़ित परिवार को बचाया। पीड़िता ने आरोप लगाया है कि जाते समय आरोपियों ने उसकी बेटी को जबरन उठा ले जाने और पूरे परिवार को जान से मारने की धमकी दी। महिला ने 112 नंबर पर पुलिस को घटना की सूचना देने की बात भी कही है। पीड़ित परिवार ने थाना बागपत में आरोपियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर कड़ी कार्रवाई की मांग की है। बागपत कोतवाली प्रभारी मनोज कुमार चहल ने मामले की जांच कर उचित कार्रवाई का आश्वासन दिया है।
अमेठी में गुरुवार दोपहर करीब 12 बजे 25 वर्षीय पूनम का शव ससुराल स्थित घर में मिला। मायके पक्ष ने ससुराल वालों पर मारपीट कर हत्या करने का आरोप लगाया है। वहीं, मृतका की नाबालिग बेटी ने पुलिस को बताया कि मां का चाचा से विवाद हुआ था, जिसके बाद चाचा ने चाकू से हमला कर दिया। सूचना पर पहुंची पुलिस और फील्ड यूनिट ने घटनास्थल से साक्ष्य जुटाए। मृतका के पिता की तहरीर पर मुकदमा दर्ज कर पुलिस मामले की जांच कर रही है। मामला जामो थाना क्षेत्र के पूरे दीवान गांव का है। जानिए पूरा मामला... मृतका की मां ने बताया कि बुधवार को पूनम का देवर उसे ससुराल ले जाने के लिए मायके आया था। वह बेटी को अपने साथ लेकर चला गया। रात करीब नौ बजे मां ने फोन पर पूनम से बात भी की थी। गुरुवार को ससुराल से फोन आया कि पूनम को कुछ हो गया है। परिजन मौके पर पहुंचे तो उसकी मौत हो चुकी थी। बेटी बोली- चाचा से हुआ था मां का विवाद मृतका की नाबालिग बेटी ने पुलिस को बताया कि उसकी मां का किसी बात को लेकर चाचा से विवाद हुआ था। आरोप है कि विवाद के दौरान चाचा ने चाकू से हमला कर मां की हत्या कर दी। पुलिस ने इस बयान को भी जांच में शामिल किया है। मां ने ससुराल वालों पर लगाया हत्या का आरोप मृतका की मां ने ससुराल पक्ष पर बेटी के साथ मारपीट कर हत्या करने का आरोप लगाया है। उन्होंने पुलिस से मामले की निष्पक्ष जांच और न्याय की मांग की है। हालांकि, लगाए गए आरोपों की पुष्टि जांच पूरी होने के बाद ही हो सकेगी। पुलिस और फील्ड यूनिट ने जुटाए साक्ष्य घटना की सूचना मिलते ही जामो थाना पुलिस मौके पर पहुंची। मामले की गंभीरता को देखते हुए फील्ड यूनिट को भी बुलाया गया। टीम ने घटनास्थल का निरीक्षण कर आवश्यक साक्ष्य जुटाए। पुलिस महिला की मौत की परिस्थितियों की जांच कर रही है। पिता की तहरीर पर मुकदमा दर्ज पुलिस के अनुसार, मृतका के पिता की तहरीर के आधार पर संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है। पुलिस मामले से जुड़े सभी पहलुओं की जांच कर रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट से स्पष्ट होगी मौत की वजह एएसपी ज्ञानेंद्र कुमार ने बताया कि पूरे दीवान गांव में एक महिला के घर के अंदर मृत पाए जाने की सूचना मिली थी। जामो पुलिस और फील्ड यूनिट ने मौके पर पहुंचकर आवश्यक साक्ष्य संकलित किए हैं। मृतका के पिता की तहरीर पर अभियोग पंजीकृत कर वैधानिक कार्रवाई की जा रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच में सामने आए तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
जालोर में सेवा भारती समिति की साधारण सभा का आयोजन कार्यालय में किया गया। सभा समिति के संरक्षक सुलतान सिंह की अध्यक्षता में किया गया। साधारण सभा में प्रांत अध्यक्ष चम्पत मिस्त्री और प्रांत संगठन मंत्री मंगलाराम के मार्गदर्शन में सर्वसम्मति से नई कार्यकारिणी के चुनाव सम्पन्न करवाए गए। नई कार्यकारिणी का गठन हुआ नव निर्वाचित कार्यकारिणी में सुलानसिह संरक्षक, जितेश सोनी अध्यक्ष, लहरीराम माली और रामबाई सैनी उपाध्यक्ष, शांतिलाल सोनी कोषाध्यक्ष, प्रवीण त्रिवेदी व ललित दवे को कार्यकारिणी सदस्य चुना गया। साथ ही देवेन्द्र शर्मा को प्रचार प्रमुख, भवर मकवाना को शिक्षा आयाम प्रमुख, डॉ. उत्तमसिह स्वास्थ्य आयाम प्रमुख, गोपाल जोशी को सामाजिक आयाम प्रमुख का दायित्व दिया गया। ये मौजूद रहे सभा में विशेष आमंत्रित के रूप में वरिष्ठ कार्यकर्ता मोहन परमार, संघ के विभाग कार्यवाह जगदीश सोनी, नगर कार्यवाह ठाकराराम, सह नगर कार्यवाह अश्विनी, अनिता दवे, मंजू राणा आदि कार्यकर्त्ता उपस्थित रहे। बैठक के अंत में नव निर्वाचित कार्यकारिणी का दुपट्टा पहनाकर स्वागत किया गया।
बरेली में निकाह और तीन तलाक से जुड़ा एक ऐसा मामला सामने आया है, जिसमें जिस थाने में 18 मई को निकाह हुआ था, करीब 35 दिन बाद उसी थाना परिसर में तीन तलाक देने का आरोप लगा है। 18 साल की युवती आलिया का आरोप है कि 12वीं में पढ़ाई के दौरान उसकी मुलाकात ब्लू मून मैरिज हॉल के मालिक तस्लीम रजा के बेटे इमरान रजा खां से हुई थी। दोनों के बीच प्रेम संबंध बने और युवती के मुताबिक करीब दो साल तक दोनों लिव-इन में रहे। शादी से इनकार करने पर उसने दिसंबर 2025 में प्रेमनगर थाने में मुकदमा दर्ज कराया। इसके बाद शादी के लिए राजी हुए और 18 मई 2026 को किला थाने में निकाह हुआ। आरोप है कि शादी के बाद 10 लाख रुपए नकद और स्कॉर्पियो-N की मांग शुरू कर दी गई। विरोध करने पर मारपीट और धमकी दी गई। 22 जून को पुलिस ने दोनों पक्षों को किला थाने बुलाया। पीड़िता का आरोप है कि बातचीत के दौरान थाना परिसर के बाहर उसे तीन तलाक दे दिया गया। अब 16 अगस्त को किला थाने में पति समेत सात लोगों के खिलाफ FIR दर्ज हुई है। पीड़िता ने CM योगी आदित्यनाथ से न्याय की गुहार लगाई है। बहन के निकाह में हुई थी इमरान से मुलाकातपीड़िता आलिया (18) सीबीगंज थाना क्षेत्र में नूरी मस्जिद के पास बुधौलिया की रहने वाली है। उसके मुताबिक, उसकी बड़ी बहन साजिया का निकाह 1 मार्च 2024 को मिनी बाईपास स्थित ब्लू मून मैरिज हॉल में हुआ था। निकाह में मैरिज हॉल के मालिक तस्लीम रजा भी परिवार के साथ शामिल हुए थे। आलिया का कहना है कि इसी कार्यक्रम के दौरान तस्लीम रजा ने उसे अपने पास बुलाया और अपने बेटे इमरान को दिखाते हुए कहा कि लड़की सुंदर है, क्या तुम्हें पसंद है। इसके बाद इमरान और आलिया के बीच बातचीत शुरू हुई। पीड़िता के मुताबिक, इमरान उसे अलग-अलग जगहों पर घुमाने ले जाने लगा। उसका आरोप है कि मैरिज हॉल में भी उसके साथ कई बार संबंध बनाए गए।आलिया के अनुसार, इसके बाद दोनों करीब दो साल तक लिव-इन में रहे। इस दौरान उसने कई बार इमरान से शादी करने की बात कही, लेकिन मामला लगातार टलता रहा। शादी की बात पर विवाद, परिवार पर मारपीट का आरोपआलिया का आरोप है कि जब उसने इमरान से शादी के लिए दबाव बनाया तो उसने शादी करने से इनकार कर दिया। इसके बाद इमरान के परिवार के लोगों ने उसके साथ मारपीट की और उसे धमकाया। पीड़िता के मुताबिक, उससे कहा गया कि वह इमरान की जिंदगी से दूर चली जाए, वरना उसकी जान को खतरा हो सकता है। आलिया का कहना है कि उसके पिता नहीं हैं और परिवार की आर्थिक स्थिति भी कमजोर है। उसने इमरान और उसके परिवार से शादी के लिए काफी मिन्नतें की, लेकिन उसकी बात नहीं मानी गई। दिसंबर 2025 में दर्ज कराया था POCSO का केसपीड़िता ने 1 1 दिसम्बर 2025 को पाक्सो एक्ट में मुकदमा दर्ज कराया। पीड़िता उस वक्त नाबालिग थी जिस कारण उसने POCSO के तहत थाना प्रेमनगर में मुकदमा दर्ज कराया था। आलिया का आरोप है कि पुराने मुकदमे से बचने के लिए बाद में इमरान और उसके परिवार ने शादी करने की बात स्वीकार की। इसके बाद दोनों का निकाह 18 मई 2026 को थाना किला में कराया गया। 18 मई को निकाह, 22 जून को तीन तलाक का आरोपपीड़िता के अनुसार, 18 मई को किला थाने में उसका निकाह इमरान रजा खां से हुआ। निकाह के बाद वह ससुराल चली गई। आरोप है कि कुछ ही समय बाद ससुराल पक्ष की ओर से अतिरिक्त दहेज की मांग शुरू कर दी गई। FIR में आरोप लगाया गया है कि उससे 10 लाख रुपए नकद और स्कॉर्पियो-N कार की मांग की गई। मांग पूरी नहीं होने पर उसके साथ मारपीट और बदसलूकी की गई। आलिया का कहना है कि दहेज उत्पीड़न को लेकर उसने 7 जून 2026 को थाना किला में प्रार्थना पत्र भी दिया था। पुलिस ने दोनों पक्षों को थाने बुलाया, वहीं तीन तलाक का आरोपपीड़िता ने बताया कि 22 जून 2026 को पुलिस ने दोनों पक्षों को बातचीत के लिए थाना किला बुलाया था। पीड़िता का आरोप है कि बातचीत के दौरान थाना परिसर के बाहर उसके साथ गाली-गलौज की गई। आरोप है कि इसी दौरान अतिरिक्त दहेज की मांग को लेकर इमरान और उसके परिवार के लोगों ने एकराय होकर उसे तीन तलाक दे दिया। खास बात यह है कि पीड़िता के मुताबिक, 18 मई को इसी थाना परिसर में उसका निकाह हुआ था और करीब 35 दिन बाद 22 जून को उसी थाने में तीन तलाक का आरोप सामने आया। पति समेत सात लोगों के खिलाफ FIRथाना किला पुलिस ने पीड़िता की शिकायत पर पति इमरान रजा खां समेत सात लोगों को नामजद किया है।नामजद आरोपियों में इमरान रजा खां पुत्र तस्लीम रजा खां, तस्लीम रजा खां पुत्र स्वर्गीय नवाब दूल्हा खां, रुबी पत्नी तस्लीम रजा खां, गुडिया पुत्री स्वर्गीय नवाब दूल्हा खां, सलीम उर्फ पप्पन रजा खां पुत्र स्वर्गीय नवाब दूल्हा खां, सानिया खान पुत्री तस्लीम रजा खां और जोहा पुत्री सलीम उर्फ पप्पन रजा खां शामिल हैं। 16 अगस्त को दर्ज हुआ तीन तलाक और दहेज उत्पीड़न का मुकदमा पीड़िता की शिकायत के आधार पर 16 अगस्त 2026 को थाना किला में FIR दर्ज की गई। इसमें दहेज उत्पीड़न, मारपीट, धमकी और तीन तलाक से जुड़े आरोप शामिल हैं। पुलिस का कहना है कि FIR दर्ज होने के बाद मामले की जांच की जा रही है और साक्ष्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। CM योगी से इंसाफ की गुहारपीड़िता ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मामले में न्याय की मांग की है। उसका कहना है कि वह आर्थिक रूप से कमजोर परिवार से है और उसके पिता नहीं हैं। उसने पुलिस से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराकर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।पीड़िता का कहना है कि उसके साथ जो कुछ हुआ, उसकी पूरी सच्चाई जांच में सामने आनी चाहिए। उसने सीएम योगी से मदद की गुहार लगाई है। टाइमलाइन: मुलाकात से FIR तक
सीतापुर में शहर की बेशकीमती नजूल भूमि को लेकर डीएम राजागणपति आर. की अदालत से जारी सार्वजनिक नोटिस प्रस्तावित भूमि पर चस्पा होने से हड़कंप मच गया है। अंग्रेजों के दौर में विभिन्न रसूखदार लोगों को आवंटित किए गए पट्टों की अवधि समाप्त होने के बाद उनके नवीनीकरण नहीं कराया गया है। संयुक्त टीम की जांच और नजूल फार्म-45 के अवलोकन के आधार पर प्रशासन ने भूमि को राज्य सरकार में निहित माना है। तहसील प्रशासन ने आज ढोल नगाड़े बजाकर अवैध कब्जेदारों के लिए जमीन पर नोटिस चस्पा कर दी है तहसीलदार अजीत जायसवाल ने बताया कि खान बहादुर सैय्यद रजी, बाबू सूरज विक्रम सिंह तालुकेदार थानगांव, डब्लू स्ट्रीट और गुरुबख्श सिंह समेत अन्य लोगों को दिए गए पट्टे वर्ष 1913 से 1966 के बीच समाप्त हो चुके थे। जांच में पाया गया कि संबंधित पट्टेदारों या उनके वारिसों ने नियमानुसार पट्टों का नवीनीकरण नहीं कराया। ऐसे में मियाद समाप्त होने के बाद भूमि पर कब्जे को वैध नहीं माना गया है। मामले में कुल भूमि में से 0.0427 हेक्टेयर हिस्सा फ्री-होल्ड कराया जा चुका है, जिसे कार्रवाई से बाहर रखा गया है। शेष करीब 1.115 हेक्टेयर भूमि में लगभग 0.646 हेक्टेयर हिस्सा खाली है, जबकि करीब 0.511 हेक्टेयर पर गेस्ट हाउस, अस्पताल, निजी बस अड्डा, दुकानें और आवासीय भवन बने हुए हैं। प्रशासन ने इस भूमि का उपयोग कोतवाली नगर सीतापुर के कायाकल्प के लिए करने की योजना बनाई है। प्रस्तावित कार्यों में बहुमंजिला बैरक, साइबर सेल, महिला मिशन शक्ति केंद्र और पुलिस कर्मियों के लिए आधुनिक आवासीय भवन शामिल हैं। प्रशासन ने सब-रजिस्ट्रार को संबंधित भूमि की खरीद-फरोख्त और रजिस्ट्री पर रोक लगाने के निर्देश दिए हैं। जिलाधिकारी कोर्ट ने सभी प्रतिपक्षियों, कब्जेदारों और वारिसों को 15 दिन के भीतर मूल दस्तावेजों के साथ जवाब दाखिल करने का अवसर दिया है। मामले की अगली सुनवाई 7 सितंबर 2026 को सुबह 11 बजे होगी। निर्धारित अवधि में ठोस साक्ष्य नहीं मिलने पर प्रशासन एकतरफा कार्रवाई करते हुए भूमि का कब्जा लेने की कार्रवाई करेगी और पुलिस विभाग को आवंटित करेगा।
मैनपुरी में गुरुवार को जीआरपी और आरपीएफ पुलिसकर्मियों ने एक यात्री की जान बचाई। यात्री जहरखुरानी का शिकार हो गया था और फर्रुखाबाद पैसेंजर ट्रेन में बेहोशी की हालत में मिला था। मैनपुरी रेलवे स्टेशन पर अन्य यात्रियों ने आरपीएफ और जीआरपी पुलिस को इसकी सूचना दी। सूचना मिलते ही पुलिसकर्मी तुरंत हरकत में आए और यात्री को मैनपुरी के जिला अस्पताल में भर्ती कराया। जीआरपी पुलिसकर्मी आर.डी. यादव और हरेंद्र ने उसे अस्पताल पहुंचाया। जानकारी के अनुसार, यात्री पटियाली से कासगंज जाने के लिए निकला था। उसकी पहचान नेमाई (55) पुत्र खुर्सर, निवासी ग्राम कोंडा, पोस्ट अशोकपुर, थाना कासगंज के रूप में हुई है। अस्पताल में दो-तीन घंटे के उपचार के बाद उसकी हालत में सुधार हो गया। पुलिस ने उसके परिवार के सदस्यों को घटना की जानकारी दी, जिसके बाद वे जिला अस्पताल की इमरजेंसी में पहुंच गए हैं।
लखनऊ के कालीचरण पीजी कॉलेज में 'नशा मुक्त फॉर विकसित भारत संकल्प अभियान' के तहत एक कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस दौरान विद्यार्थियों को नशे से दूर रहने और दूसरों को भी नशा छोड़ने के लिए प्रेरित करने की शपथ दिलाई गई। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि केजीएमयू के रेस्पिरेटरी मेडिसिन विभाग के प्रमुख डॉ. सूर्यकांत थे। उन्होंने कहा कि स्वस्थ और विकसित भारत के लिए युवाओं का नशामुक्त होना अत्यंत आवश्यक है। डॉ. सूर्यकांत ने कालीचरण पीजी कॉलेज के विद्यार्थियों से नशामुक्ति अभियान के राजदूत बनने का आह्वान किया। नशे के सेवन गंभीर बीमारियां हो सकती हैं डॉ. सूर्यकांत ने नशे के गंभीर परिणामों पर प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि नशे के सेवन से लगभग 40 प्रकार के कैंसर और 25 अन्य गंभीर बीमारियां हो सकती हैं। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि सिगरेट पीने वाला व्यक्ति न केवल स्वयं को हानि पहुँचाता है, बल्कि उसके धुएं से आसपास के लोगों का स्वास्थ्य भी प्रभावित होता है। उन्होंने जानकारी दी कि तंबाकू पर प्रतिबंध लगाने के लिए वे प्रधानमंत्री को नौ बार पत्र लिख चुके हैं। डॉ. सूर्यकांत ने विद्यार्थियों से अपील की कि वे अपने परिवार या आसपास के नशा करने वाले लोगों की काउंसलिंग कराएं और आवश्यकता पड़ने पर उन्हें चिकित्सा सहायता दिलाकर नशा छुड़ाने का प्रयास करें। युवाओं की सक्रिय भागीदारी से ही साकार होगा महाविद्यालय के प्रबंधक वीके मिश्र ने अपने संबोधन में कहा कि विकसित भारत का सपना युवाओं की सक्रिय भागीदारी से ही साकार होगा। उन्होंने जोर दिया कि इसके लिए युवाओं का नशामुक्त होना अनिवार्य है, क्योंकि नशामुक्त युवा ही देश के विकास में नेतृत्वकारी और रचनात्मक भूमिका निभा सकते हैं। प्राचार्य प्रो. चंदमोहन उपाध्याय ने देश में बड़ी संख्या में युवाओं के नशे की गिरफ्त में होने पर चिंता व्यक्त की। उन्होंने कहा कि नशे के कारण न केवल व्यक्ति का, बल्कि उसके पूरे परिवार का भविष्य भी प्रभावित होता है। कार्यक्रम का संचालन शारीरिक शिक्षा विभाग की प्रमुख डॉ. कल्याणी द्विवेदी ने किया।
सोनीपत जिला पुलिस ने 'पटाखा साइलेंसर' वाली बाइकों के खिलाफ कार्रवाई की है। पुलिस ने दो बुलेट मोटरसाइकिलों को जब्त कर उनके चालकों पर कुल 40 हजार रुपए का जुर्माना लगाया। यह कार्रवाई ध्वनि प्रदूषण और यातायात नियमों के उल्लंघन पर की गई। यह कार्रवाई पुलिस आयुक्त ममता सिंह (IPS, ADGP) के मार्गदर्शन और पुलिस उपायुक्त (यातायात एवं मुख्यालय) सोनाक्षी सिंह (IPS) के निर्देशों पर अमल में लाई गई। हुड़दंग पर 'जीरो टॉलरेंस' नीति अपनाई सोनीपत ट्रैफिक पुलिस ने ध्वनि प्रदूषण और हुड़दंग पर 'जीरो टॉलरेंस' नीति अपनाई है। पुलिस ऐसे वाहन चालकों पर कड़ी निगरानी रख रही है, जो अवैध रूप से मॉडिफाइड साइलेंसर का उपयोग कर तेज आवाज और पटाखे जैसी ध्वनियाँ उत्पन्न करते हैं। पुलिस ने स्पष्ट किया है कि आमजन की शांति भंग करने और सड़क सुरक्षा से खिलवाड़ करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा। पुलिस की युवाओं से अपील यातायात पुलिस ने वाहन राइडरों और युवाओं से अपील की है। पुलिस ने कहा कि वाहनों में कंपनी फिटेड साइलेंसर के साथ छेड़छाड़ या कोई भी अवैध मॉडिफिकेशन न कराएं। वाहन चलाते समय निर्धारित गति सीमा का पालन करें और अनिवार्य रूप से हेलमेट पहनें। सड़क पर स्टंटबाजी और अनावश्यक शोर मचाने से बचें। सड़क सुरक्षा पहली प्राथमिकता सोनीपत यातायात पुलिस ने संदेश दिया है कि सड़क सुरक्षा उनकी पहली प्राथमिकता है। सभी से यातायात नियमों का सख्ती से पालन करने और खुद के साथ दूसरों के सफर को भी सुरक्षित बनाने का आग्रह किया गया है।
गोंडा में झोलाछाप डॉक्टरों के खिलाफ कार्रवाई के लिए स्वास्थ्य विभाग ने तैयारी शुरू कर दी है। गुरुवार शाम स्वास्थ्य विभाग ने कंट्रोल रूम के हेल्पलाइन नंबर जारी किए हैं। अब जिले का कोई भी व्यक्ति झोलाछाप डॉक्टरों के संबंध में शिकायत इन नंबरों पर दर्ज करा सकेगा। शिकायत मिलने के बाद स्वास्थ्य विभाग की टीम मौके पर पहुंचकर जांच करेगी और तथ्यों के आधार पर कार्रवाई की जाएगी। इसके अलावा कंट्रोल रूम के माध्यम से सांप और कुत्ता काटने से जुड़ी शिकायतें भी दर्ज कराई जा सकेंगी। दरअसल, जिलाधिकारी प्रियंका निरंजन और मंडलायुक्त दुर्गा शक्ति नागपाल को जिले में झोलाछाप डॉक्टरों के बड़े पैमाने पर अवैध रूप से इलाज करने की लगातार शिकायतें मिल रही थीं। शिकायतों में आरोप लगाया गया था कि बिना जरूरी योग्यता और पंजीकरण के लोग मरीजों का इलाज कर उनकी जान से खिलवाड़ कर रहे हैं। मामले को गंभीरता से लेते हुए डीएम और कमिश्नर ने मुख्य चिकित्सा अधिकारी को झोलाछाप डॉक्टरों के खिलाफ प्रभावी कार्रवाई के निर्देश दिए थे। इन नंबरों पर दर्ज करा सकेंगे शिकायत सीएमओ कार्यालय की ओर से जारी सूचना के अनुसार, आमजन झोलाछाप डॉक्टरों, सांप काटने और कुत्ता काटने से संबंधित शिकायतें सीएमओ कार्यालय स्थित कंट्रोल रूम में दर्ज करा सकते हैं। शिकायत के लिए 05262-227855 और 7398999705 नंबर जारी किए गए हैं। स्वास्थ्य विभाग का कहना है कि शिकायत मिलने के बाद संबंधित मामले का संज्ञान लिया जाएगा और जरूरत के अनुसार स्वास्थ्य विभाग की टीम मौके पर पहुंचकर जांच करेगी। इसके बाद नियमों के तहत कार्रवाई की जाएगी। जनसुनवाई में भी कर सकते हैं शिकायत डीएम प्रियंका निरंजन ने बताया कि झोलाछाप डॉक्टरों के खिलाफ कार्रवाई के लिए कंट्रोल रूम बनाया गया है। लोग हेल्पलाइन नंबरों पर शिकायत दर्ज करा सकते हैं। उन्होंने कहा कि शिकायत मिलने पर स्वास्थ्य विभाग की टीम मौके पर जाकर जांच करेगी और आवश्यक कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने बताया कि लोगों को शिकायत के लिए अलग-अलग कार्यालयों के चक्कर न लगाने पड़ें, इसी उद्देश्य से कंट्रोल रूम की व्यवस्था की गई है। आमजन जनसुनवाई के माध्यम से भी अपनी शिकायत दर्ज करा सकते हैं। स्वास्थ्य विभाग ने लोगों से अपील की है कि जिले में कहीं भी झोलाछाप डॉक्टरों द्वारा अवैध रूप से इलाज किए जाने या सांप अथवा कुत्ता काटने की घटना की जानकारी होने पर तत्काल विभाग को सूचित करें, ताकि समय रहते आवश्यक कार्रवाई की जा सके।
कानपुर देहात में खुले पड़े नाले:मासूम की मौत, महिला बाल बाल बची, अफसर देखकर भी अनजान
कानपुर देहात में जल निकासी के लिए बनाए गए नाले अब लोगों के लिए खतरा बन गए हैं। जिले के कई कस्बों और नगर पंचायत क्षेत्रों में ये नाले खुले पड़े हैं, जिनमें गिरकर कई लोग हादसों का शिकार हो चुके हैं। इन हादसों में कुछ मासूमों की जान चली गई, जबकि कुछ लोग बाल-बाल बचे। शिकायतों के बावजूद नालों को ढकने की कार्रवाई नहीं होने से स्थानीय लोगों में नाराजगी है। अकबरपुर नगर पंचायत क्षेत्र में लगभग 20 दिन पहले आनंदा हॉस्पिटल के पास एक सात फीट गहरे खुले नाले में 20 वर्षीय युवती गिर गई थी। राहगीरों की मदद से उसे समय रहते बाहर निकालकर अस्पताल पहुंचाया गया, जिससे उसकी जान बच गई। इसी अकबरपुर कस्बे में कुछ महीने पहले स्टेट बैंक के पास एक खुले नाले में करीब छह साल की मासूम बच्ची गिर गई थी। बच्ची की मां सामान लेने में व्यस्त थी और बच्ची खेलते-खेलते नाले तक पहुंच गई थी। काफी देर तक बच्ची के न मिलने पर तलाश शुरू हुई। दुकान के बाहर लगे सीसीटीवी कैमरे की फुटेज खंगालने पर बच्ची के नाले में गिरने की जानकारी हुई। बाद में बच्ची का शव नाले से बरामद किया गया और पोस्टमार्टम कराया गया। कुछ दिन पहले रसूलाबाद नगर पंचायत क्षेत्र में भी घर के बाहर निकले खुले नाले में गिरने से एक मासूम बच्चे की मौत हो गई। परिजनों और स्थानीय लोगों का आरोप है कि नाला ढकवाने के लिए कई बार नगर पंचायत अध्यक्ष और अधिकारियों से शिकायत की गई थी, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई। जिले में ऐसे कई खुले नाले हैं, जहां इंसानों के साथ-साथ जानवर भी गिरकर फंस जाते हैं, जिससे उनकी जान को भी खतरा रहता है। इस मामले में अपर जिलाधिकारी अमित कुमार ने बताया कि जल निकासी के लिए नालों का निर्माण कराया गया है। उन्होंने यह भी कहा कि जहां नाले खुले हैं, वहां पटिया रखवाने के लिए संबंधित विभागों को निर्देश दिए गए हैं।
युवक से मारपीट, 5 हजार और ATM छीने:सामोद में रास्ता रोककर हमला, पुलिस ने मामला दर्ज किया
चौमूं के सामोद थाना क्षेत्र में एक युवक से मारपीट कर 5 हजार रुपए नकद और ATM कार्ड छीनने का मामला सामने आया है। पीड़ित मनोज कुमार मीणा की शिकायत पर सामोद पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। आरोप है कि रास्ते में मनोज और उसके साथी अजय मीणा को रोककर आरोपियों ने सरिया और लाठी-डंडों से हमला किया और मारपीट के दौरान मनोज की जेब से नकदी व ATM कार्ड निकाल लिया। अजय के साथ जा रहा था मनोज झीड़ा निवासी मनोज कुमार मीणा ने सामोद थाने में दी रिपोर्ट में बताया कि वह अजय मीणा के साथ किसी काम से जा रहा था। इसी दौरान रास्ते में गोपाल मीणा और सुनील मीणा सहित चार-पांच अन्य लोगों ने उन्हें रोक लिया। सरिया और लाठी-डंडों से मारपीट मनोज के अनुसार आरोपियों ने दोनों पर सरिया और लाठी-डंडों से हमला कर दिया। मारपीट में मनोज के सिर पर चोट आई, जबकि अजय मीणा के भी घायल होने का आरोप है। जेब से निकाले 5 हजार रुपए और ATM कार्ड परिवादी ने शिकायत में बताया कि मारपीट के दौरान आरोपियों ने उसकी जेब से करीब 5 हजार रुपए नकद और पासबुक बैंक का ATM कार्ड निकाल लिया। वारदात के बाद सभी आरोपी मौके से फरार हो गए। धर्मराज और अशोक पर भी लगाया आरोप मनोज ने अपनी शिकायत में धर्मराज मीणा और अशोक मीणा पर भी मारपीट में शामिल होने का आरोप लगाया है। पुलिस ने शिकायत के आधार पर प्रथम दृष्टया अपराध पाए जाने पर मामला दर्ज कर लिया है। मामले की जांच उपनिरीक्षक बाबूलाल को सौंपी गई है।
भोगांव में 55 दिन बाद भी आरोपी गिरफ्तार नहीं:पीड़िता ने एसपी से मिलकर जल्द गिरफ्तारी की मांग की
मैनपुरी के भोगांव थाना क्षेत्र में एक गंभीर मामला सामने आया है। एक युवती द्वारा दर्ज कराए गए मुकदमे में 55 दिन बीत जाने के बाद भी पुलिस ने किसी आरोपी को गिरफ्तार नहीं किया है। पीड़िता ने पुलिस अधीक्षक (एसपी) मैनपुरी से मिलकर न्याय की गुहार लगाई और आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी की मांग की है। पीड़िता ने 29 जून 2026 को भोगांव थाने में मुकदमा अपराध संख्या 0298/26 दर्ज कराया था। यह मुकदमा भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 69, 89 और 351(3) के तहत दर्ज किया गया है। मामले में संतोषजनक कार्रवाई न होने पर पीड़िता ने उपमहानिरीक्षक (DIG) आगरा के आदेश पर इसकी विवेचना थाना कुरावली (मैनपुरी) स्थानांतरित कराई थी। पीड़िता का आरोप है कि घटना को 55 दिन से अधिक का समय बीत चुका है, लेकिन पुलिस ने अब तक एक भी आरोपी को गिरफ्तार नहीं किया है। सभी नामजद आरोपी खुलेआम घूम रहे हैं और पीड़िता व उसके परिवार पर लगातार दबाव बना रहे हैं। प्रार्थना पत्र में आरिफ अली, अहमद अली (पुत्रगण आशिक अली), रिजवान अली (पुत्र मुश्ताक अली) और मोहम्मद अली (पुत्र अहमद अली) को आरोपी बनाया गया है। ये सभी भोगांव के मोहल्ला प्रेम चरैया के निवासी हैं। पीड़िता के अनुसार, ये सभी आरोपी आपराधिक प्रवृत्ति के हैं और इनके खिलाफ पहले भी कई गंभीर धाराओं में मुकदमे दर्ज हैं। पीड़िता ने पुलिस अधीक्षक से अपील की है कि इन संगीन धाराओं के आरोपियों को जल्द से जल्द गिरफ्तार किया जाए। इससे उसे और उसके परिवार को सुरक्षा मिल सकेगी और न्याय सुनिश्चित होगा।
फतेहगढ़ पंजतूर पुलिस ने एक घर में घुसकर करीब 7 से 8 ग्राम सोने के जेवर और 30 हजार रुपए चोरी करने के आरोप में अज्ञात व्यक्ति के खिलाफ मामला दर्ज किया है। यह घटना 17 अगस्त 2026 की रात को हुई थी। पुलिस को दी शिकायत में धर्मकोट रोड, सरकारी स्कूल के पास, फतेहगढ़ पंजतूर निवासी कुलदीप सिंह उर्फ लाटी ने बताया कि 17 अगस्त 2026 की रात वह अपनी पत्नी के साथ बेटे की दवाई लेने के लिए घर से बाहर गए थे। बेटे की दवाई लेने गया था दंपती शिकायतकर्ता के अनुसार, जब वे घर से बाहर थे, तभी कोई अज्ञात व्यक्ति उनके घर में घुस गया। आरोपी ने घर से लगभग 7 से 8 ग्राम सोना और 30 हजार रुपए नकद चुरा लिए और फरार हो गया। घर लौटने पर चोरी का पता चलने के बाद कुलदीप सिंह ने पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने उनकी शिकायत के आधार पर 19 अगस्त 2026 को अज्ञात व्यक्ति के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता 2023 की धारा 305 और 331(4) के तहत मामला दर्ज किया है। पुलिस मामले की जांच कर रही है और चोरी करने वाले आरोपी की पहचान कर उसे गिरफ्तार करने के प्रयास जारी है।
गणेश शंकर विद्यार्थी इंटर कॉलेज में पांडु नगर गुरुवार को जिला विद्यालय निरीक्षक (डीआईओएस) के औचक निरीक्षण में विद्यालय की व्यवस्थाओं की पोल खुल गई। निरीक्षण के दौरान पंजीकृत 55 छात्रों के सापेक्ष महज आठ छात्र ही उपस्थित मिले। वहीं प्रधानाचार्य बीके मिश्रा भी विद्यालय में मौजूद नहीं थे और उनके कक्ष में ताला लगा था। डीआईओएस द्वारा फोन पर संपर्क करने पर भी प्रधानाचार्य की ओर से उपस्थिति को लेकर कोई संतोषजनक जवाब नहीं दिया गया। कक्षा 6,7,8 और 10 में अटेंडेंस शून्य डीआईओएस प्रवीण कुमार तिवारी ने बताया कि निरीक्षण के समय कक्षा छह में पंजीकृत दो छात्रों में एक भी उपस्थित नहीं था। कक्षा सात में एक भी छात्र नहीं आया। कक्षा आठ के तीन में कोई उपस्थित नहीं मिला। कक्षा नौ के सात में सिर्फ एक छात्र उपस्थित था। कक्षा 10 के छह छात्र भी अनुपस्थित मिले। कक्षा 11 में पंजीकृत 17 छात्रों में केवल दो और कक्षा 12 में 19 छात्रों में सिर्फ पांच छात्र उपस्थित मिले। इस तरह कुल 55 पंजीकृत छात्रों के मुकाबले विद्यालय में केवल आठ छात्र मौजूद थे। शिक्षक-कर्मचारियों की भी मिली अनुपस्थिति निरीक्षण के दौरान प्रधानाचार्य के अलावा कई शिक्षक और कर्मचारी भी अनुपस्थित मिले। सहायक अध्यापक हरिनारायण त्रिवेदी और अनूप तिवारी विद्यालय में मौजूद नहीं थे। इनके अलावा सहायक अध्यापक कुलदीप यादव के उपस्थिति पंजिका में हस्ताक्षर मिले, लेकिन वह निरीक्षण के समय विद्यालय में उपस्थित नहीं थे। लिपिक एवं परिचारक विभूति पांडेय और जय कुमार तिवारी भी अनुपस्थित मिले। इनके साथ साथ संविदा कर्मचारी अजय कुमार और कुमारी प्राश्री देवी भी उपस्थित नहीं थे। अगस्त महीने की सैलरी रोकी गई डीआईओएस ने बताया कि प्रधानाचार्य बीके मिश्रा के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्यवाही की संस्तुति की गई है। इसके अलावा अनुपस्थित मिले शिक्षकों व कर्मचारियों का अगस्त महीने का वेतन अग्रिम आदेशों तक रोक दिया गया है।
कटनी के माधव नगर थाना क्षेत्र स्थित बरगवां में आयकर विभाग के रेस्ट हाउस में गुरुवार को वरिष्ठ आयकर अधिकारी मानवेंद्र प्रताप सिंह का शव बंद कमरे में संदिग्ध परिस्थितियों में मिला। पुलिस ने दरवाजा तोड़कर शव को बाहर निकाला और जिला अस्पताल के शवगृह में भिजवाया। कार की चाबी लेने पहुंचे ड्राइवर ने देखा सुबह जब शासकीय वाहन चालक गाड़ी की चाबी लेने उनके कमरे पर पहुंचा, तो कई बार बेल बजाने और दरवाजा खटखटाने के बाद भी अंदर से कोई आवाज नहीं आई। कई घंटे तक कोई हलचल न होने पर कर्मचारियों को अनहोनी की आशंका हुई और पुलिस को सूचना दी गई। लखनऊ के रहने वाले थे अधिकारी मृतक मानवेंद्र प्रताप सिंह मूल रूप से उत्तर प्रदेश के लखनऊ के निवासी थे। वे पिछले लगभग दो वर्षों से कटनी में पदस्थ थे और बरगवां स्थित विभागीय रेस्ट हाउस में रह रहे थे। माधव नगर थाना पुलिस ने मौके पर पहुंचकर कमरे का दरवाजा तोड़ा। अंदर अधिकारी अचेत अवस्था में पड़े मिले, जिसके बाद पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण कर आवश्यक साक्ष्य जुटाए। पीएम रिपोर्ट से साफ होगी मौत की वजह माधव नगर थाना प्रभारी शैलेंद्र सिंह यादव के अनुसार मामला दर्ज कर परिजनों को सूचित कर दिया गया है। परिजनों के कटनी पहुंचने पर पोस्टमार्टम कराया जाएगा, जिसके बाद ही मौत के सही कारणों का खुलासा हो सकेगा।
लखनऊ के आंचलिक विज्ञान केंद्र, अलीगंज में राष्ट्रीय बाल विज्ञान कांग्रेस 2026 के जनपदीय आयोजन से पहले एक कार्यशाला आयोजित की गई। इस कार्यशाला में शिक्षकों को रजिस्ट्रेशन प्रक्रिया, प्रोजेक्ट तैयार करने के तरीके और बाल वैज्ञानिकों के प्रस्तुतीकरण के संबंध में विस्तृत जानकारी दी गई। इसमें 100 से अधिक विज्ञान शिक्षक और गाइड टीचर शामिल हुए। कार्यशाला में विशेषज्ञों ने शिक्षकों को बाल वैज्ञानिकों के लिए प्रोजेक्ट तैयार करने की प्रक्रिया और उनके प्रस्तुतीकरण की तकनीक समझाई। इस कार्यक्रम में आचार्य नरेंद्र देव कृषि विश्वविद्यालय के पूर्व प्रोफेसर डॉ. डी. राम, आंचलिक विज्ञान केंद्र के प्रमुख स्वरूप मंडल, रामकुमार और माउंट फोर्ट इंटर कॉलेज महानगर के सेवानिवृत्त शिक्षक डॉ. मित्रा ने भाग लिया। रजिस्ट्रेशन प्रक्रिया का व्यावहारिक जानकारी दीं नोडल एजेंसी इस्कास के प्रमुख और भारत सरकार के विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी मंत्रालय के मुख्य अन्वेषी डॉ. विष्णु प्रताप सिंह की उपस्थिति में एकेडमिक समन्वयक डॉ. मनीष कुमार श्रीवास्तव ने रजिस्ट्रेशन प्रक्रिया का ऑनलाइन डेमो किया। उन्होंने स्क्रीन पर पूरी प्रक्रिया समझाई। इस दौरान पांच विद्यालयों के छात्रों का मौके पर ही ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन कराकर प्रक्रिया का व्यावहारिक ज्ञान दिया गया। कार्यशाला का संचालन डॉ. मनीष कुमार श्रीवास्तव ने किया। लखनऊ के जिला समन्वयक और वरिष्ठ शिक्षक डॉ. सत्यम शिवम सुंदरम ने शिक्षकों से अधिक से अधिक छात्रों को राष्ट्रीय बाल विज्ञान कांग्रेस से जोड़ने का आग्रह किया। उन्होंने बताया कि भारत सरकार के विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग के मार्गदर्शन में 10 से 17 वर्ष आयु वर्ग के छात्र इसमें हिस्सा ले सकते हैं। इस वर्ष का मुख्य विषय 'स्थिरता के लिए विज्ञान और नवाचार' रखा गया है। विद्यालय स्तर पर बाल वैज्ञानिकों को तैयार करना हैं छात्र इस मुख्य विषय के तहत छह उप-विषयों पर प्रोजेक्ट तैयार कर उनका प्रस्तुतीकरण करेंगे। डॉ. सुंदरम ने प्रत्येक विद्यालय से कम से कम 20 टीमों का रजिस्ट्रेशन कराने पर जोर दिया। कार्यशाला का मुख्य उद्देश्य विद्यालय स्तर पर बाल वैज्ञानिकों को तैयार करना और उन्हें जनपदीय आयोजन में प्रभावी ढंग से अपने प्रोजेक्ट प्रस्तुत करने के लिए प्रशिक्षित करना था।
पांच बच्चों की मां ने पति को मुंह दिखाने के लायक नहीं छोड़ा, बदनामी से आहत युवक ने दी जान
प्रेम-प्रसंग के चलते एक महिला पांच बच्चों को छोड़कर प्रेमी संग फरार हो गई। इससे आहत होकर पति ने जहर खाकर जान दे दी। पहले मां और अब पिता का सिर से हाथ उठने से बच्चे अनाथ हो गए।
लखनऊ से भारी संख्या में श्रद्धालु सीतापुर के रामकोट क्षेत्र स्थित अर्थाना के प्राचीन बाबा अचूकनाथ महादेव मंदिर में पहुंच रहे है। श्रावण मास के पहले दिन यानी 29 जुलाई 2026 से 28 अगस्त 2026 तक श्रीरामचरित मानस का अखंड पाठ निरंतर हो रहा है। इस दौरान सैकड़ों भक्तों की भीड़ इस प्राचीन मंदिर में लगी रहती है। मानस पाठ का यह कार्यक्रम बीते कई वर्षों से प्रत्येक श्रावण मास भर निरंतर होता चला आ रहा है। यह कार्यक्रम बाबा अचूकनाथ मानस सेवा समिति के तत्वावधान एवं ग्रामीणों के सहयोग से हो रहा है। हर दिन दूर-दूर से श्रद्धालुओं का जमावड़ा यहां मानस पाठ के श्रवण एवं पाठन के लिए उमड़ता है। इसके साथ ही, प्रत्येक दिन दोपहर 12 बजे से 2 बजे तक निरंतर भंडारा चलता है, जिसमें सैकड़ों भक्त प्रसाद पाते हैं। इस महीने यहां एक त्योहार जैसा माहौल बना हुआ है। ग्रामीणों का मानना है कि बाबा अपने भक्तों की मनोकामना पूरी करने में कोई चूक नहीं करते, इसीलिए इनका नाम अचूकनाथ पड़ा। दूर-दराज से श्रद्धालु यहां अपने बच्चों का मुंडन संस्कार कराने भी आते हैं। यह स्थान अत्यंत दिव्य एवं अलौकिक है।
लोहियानगर थाने में बुधवार को पारिवारिक विवाद को लेकर जमकर हंगामा हुआ। महिला ने अपनी मां के साथ मिलकर थाने के गेट पर ससुर को पकड़ लिया और चप्पलों से उसकी पिटाई कर दी। शोर सुनकर पुलिसकर्मियों ने दोनों महिलाओं को अलग किया। पुलिस ने बहू और उसकी मां को हिरासत में लेकर शांतिभंग की आशंका में चालान कर दिया। मामला लोहियानगर थाना क्षेत्र के जमनानगर का है। वसीम ने बताया कि उसकी बहन नगमा की शादी करीब 14 साल पहले शास्त्रीनगर सेक्टर-11 निवासी बैंक कर्मचारी आरिफ पुत्र रियाज अहमद से हुई थी। वर्ष 2016 में पति-पत्नी के बीच विवाद हो गया। नगमा ने पति और ससुराल पक्ष के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई और खर्चे के लिए भी वाद दायर किया। नगमा का आरोप है कि कोर्ट में खर्च देने से बचने के लिए उसके पति और ससुर ने उसका 80 वर्षीय रहीस सैफी के साथ फर्जी निकाहनामा तैयार कर कोर्ट में पेश किया। उसने इसका विरोध करते हुए एसएसपी से शिकायत की। मामले की जांच लोहियानगर पुलिस कर रही है। इसी मामले में एसओ ने बुधवार को दोनों पक्षों को थाने बुलाया था। बातचीत के दौरान फर्जी निकाहनामे को लेकर दोनों पक्षों में विवाद हो गया और मारपीट होने लगी। पुलिस के समझाने पर दोनों पक्ष थाने से घर जाने लगे। आरोप है कि रहीस के साथ बाइक से जाते समय रियाज ने थाने के गेट पर खड़ी नगमा और उसकी मां खुशनुमा पर टिप्पणी कर दी। इससे नाराज नगमा ने रियाज को पकड़ लिया और बाइक से नीचे गिराकर मारपीट शुरू कर दी। इसके बाद मां-बेटी ने चप्पल निकालकर उसकी पिटाई कर दी। शोर सुनकर महिला दरोगा और अन्य पुलिसकर्मी मौके पर पहुंचे और रियाज को दोनों महिलाओं से छुड़ाया। इसके बाद नगमा और उसकी मां को हिरासत में लेकर शांतिभंग की आशंका में चालान कर दिया गया।
बिहार और यूपी की सीमा सील, पुलिस ने आने-जाने से रोका तो लोग बोले- पाकिस्तान बॉर्डर है क्या
पश्चिम चंपारण के पिपरासी में बिहार-यूपी बॉर्डर को उत्तर प्रदेश पुलिस ने सील कर दिया है। दोनों तरफ से लोगों एवं वाहनों के आवागमन पर अगले आदेश तक रोजाना 12 घंटे की रोक लगा दी गई है। इससे स्थानीय लोगों को खासी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। भड़के लोगों ने इसकी तुलना पाकिस्तान बॉर्डर से कर दी है।
कुशीनगर में एससी/एसटी एक्ट के न्यायाधीश इफराक अहमद की अदालत ने जिंदा व्यक्ति को राजस्व अभिलेखों में मृत दिखाकर जमीन हड़पने, जातिसूचक गाली देने और धमकी देने के आरोप में एफआईआर दर्ज करने का आदेश दिया है। अदालत ने सेवरही थाना पुलिस को बीएनएसएस की धारा 173(4) के तहत मुकदमा दर्ज कर नियमानुसार विवेचना करने और एक सप्ताह के भीतर एफआईआर की रिपोर्ट न्यायालय में प्रस्तुत करने का निर्देश दिया है। आदेश 14 अगस्त को जारी किया गया। मामला तमकुही तहसील क्षेत्र के सेवरही थाना निवासी विश्वनाथ प्रसाद की ओर से दाखिल अर्जी से जुड़ा है। अदालत के समक्ष विश्वनाथ प्रसाद ने आरोप लगाया कि बाहर से लौटने पर उन्हें जानकारी हुई कि सुनील कुमार जायसवाल और उनकी मां शारदा देवी ने तत्कालीन हल्का लेखपाल और पूर्व कानूनगो की मिलीभगत से उन्हें मृत दिखाकर उनकी जमीन अपने नाम दर्ज करा ली। फर्जी वारिसान और वसीयत से नामांतरण का आरोप वादी के मुताबिक गाटा संख्या 271, 694 और 712 की जमीन को लेकर फर्जी वारिसान और वसीयत तैयार कर नामांतरण कराया गया। आरोप है कि बाद में गाटा संख्या 712 की जमीन का एक हिस्सा वर्ष 2017 में पश्चिम चंपारण, बिहार निवासी फूलपति देवी के नाम बेच दिया गया। तहसील में शिकायत के बाद भी कार्रवाई का आरोप विश्वनाथ प्रसाद ने आरोप लगाया कि उन्होंने मामले की शिकायत तहसील प्रशासन से की थी। उनके अनुसार, जांच रिपोर्ट उनके पक्ष में होने के बावजूद तत्कालीन नायब तहसीलदार कुंदन वर्मा ने नामांतरण का आदेश कर दिया। वादी का यह भी आरोप है कि 15 जून 2026 को मामले का विरोध करने पर आरोपियों ने जातिसूचक शब्दों का इस्तेमाल करते हुए जान से मारने की धमकी दी। थाने में FIR नहीं हुई तो कोर्ट पहुंचे अदालत ने आदेश में उल्लेख किया कि शिकायत के बावजूद थाना स्तर पर एफआईआर दर्ज नहीं की गई। न्यायालय ने कहा कि संज्ञेय अपराध की सूचना मिलने पर प्रथम सूचना रिपोर्ट दर्ज करना पुलिस का दायित्व है। मामले के तथ्यों और परिस्थितियों को देखते हुए अदालत ने वादी का प्रार्थना पत्र स्वीकार कर सेवरही पुलिस को मुकदमा दर्ज कर विवेचना करने का आदेश दिया। कुंदन वर्मा वर्तमान में पडरौना में तैनात मामले में तत्कालीन नायब तहसीलदार कुंदन वर्मा का नाम भी आरोपी के रूप में सामने आया है। बताया गया है कि कुंदन वर्मा का प्रमोशन होने के बाद वर्तमान में पडरौना तहसील में तहसीलदार न्यायिक के पद पर तैनाती है। उनका पक्ष जानने के लिए कार्यालय में संपर्क करने का प्रयास किया गया, लेकिन बताया गया कि वह हाईकोर्ट गए हुए हैं। मामले में पुलिस की विवेचना के बाद आरोपों की वास्तविक स्थिति स्पष्ट होगी।
बालाघाट में गुरुवार को पूर्व प्रधानमंत्री भारत रत्न राजीव गांधी की जयंती मनाई गई। इस अवसर पर कांग्रेस ने उन्हें याद किया और सद्भावना रैली निकाली। जिला कांग्रेस कार्यालय में विधायक अनुभा मुंजारे और पार्टी कार्यकर्ताओं ने पूर्व प्रधानमंत्री के चित्र पर माल्यार्पण कर उन्हें नमन किया। विधायक अनुभा मुंजारे ने बताया कि युगदृष्टा राजीव गांधी की जयंती को सद्भावना दिवस के रूप में मनाया गया। इस दौरान कांग्रेसजनों ने प्रधानमंत्री के रूप में देशहित में उनके योगदान और कार्यों को याद किया। उन्होंने कहा कि राजीव गांधी ने देश की बागडोर संभालते हुए भारत को महाशक्ति बनाने का आह्वान किया था। उन्होंने युवाओं, वैज्ञानिकों और नागरिकों को आगे आने के लिए प्रेरित किया। राजीव गांधी संचार क्रांति के प्रणेता थे और उन्होंने 18 वर्ष की आयु में युवाओं को मतदान का अधिकार दिलाया। मुंजारे ने बताया कि वे एक उदार व्यक्तित्व के राजनेता थे, जिन्होंने गरीबों के उत्थान के लिए कई योजनाएं चलाईं। भारत में कंप्यूटर और संचार क्रांति के जनक के रूप में उन्हें हमेशा याद किया जाएगा। उन्होंने जोर दिया कि आज जिस आधुनिक भारत को दुनिया आशा भरी नजरों से देख रही है और जिसका लोहा अमेरिका सहित पूरा विश्व मान रहा है, वह राजीव गांधी की देन है। उनका सपना देश को दौड़ता हुआ बनाना और विश्व के साथ कदम से कदम मिलाकर चलना सिखाना था। सद्भावना की जरूरत विधायक मुंजारे ने कहा कि वर्तमान में देश में सद्भावना को खत्म करने के प्रयासों के मद्देनजर पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी की जयंती पर सद्भावना यात्रा की आवश्यकता है। कांग्रेस का ध्येय है कि सर्वधर्म में सद्भावना कायम रहे।
सांभर लेक में गुरुवार को दादू साधना धाम में एक नवनिर्मित भवन के शिलालेख का अनावरण किया गया। यह अनावरण महंत अर्जुन दास जी महाराज की प्रेरणा से हुआ। इस अवसर पर श्रद्धालुओं, दादू भक्तों और संत समाज की उपस्थिति में दादू दयाल जी महाराज की महाआरती और पूजा-अर्चना की गई। यह भवन भिवानी निवासी स्वर्गीय कलावती देवी और स्वर्गीय हनुमान प्रसाद सुगला की पुण्य स्मृति में उनके पुत्र विश्वनाथ सुगला, कैलाश सुगला, सुभाष सुगला और वेदप्रकाश सुगला द्वारा दादू साधना धाम को समर्पित किया गया है। श्रद्धालुओं ने इस समर्पण को सेवा और श्रद्धा का उदाहरण बताया। महंत अर्जुन दास ने इस मौके पर कहा कि सुगला परिवार द्वारा नवीन भवन दादू साधना धाम को समर्पित करना केवल एक निर्माण कार्य में सहयोग नहीं, बल्कि धर्म, संस्कृति और सत्संग परंपरा के संरक्षण का प्रयास है। उन्होंने ऐसे कार्यों को समाज के लिए प्रेरणादायक बताया। कार्यक्रम के अंत में उपस्थित श्रद्धालुओं ने संत परंपरा के संरक्षण और सेवा कार्यों को आगे बढ़ाने का संकल्प लिया। पूरे आयोजन के दौरान भक्ति और आध्यात्मिक उल्लास का वातावरण बना रहा।
स्वच्छता के क्षेत्र में देश-दुनिया में पहचान बना चुका इंदौर अब पश्चिम बंगाल के लिए रोल मॉडल बन रहा है। पश्चिम बंगाल के रूरल डेवलपमेंट एवं पंचायत मंत्री दिलीप घोष गुरुवार को अधिकारियों की टीम के साथ इंदौर पहुंचे। टीम में आईआईटी के प्रोफेसर और प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के इंजीनियर समेत अन्य अधिकारी शामिल रहे। टीम ने इंदौर के कमांड एंड कंट्रोल सेंटर से लेकर घर-घर कचरा संग्रहण, सेग्रीगेशन, परिवहन और कचरे की प्रोसेसिंग तक की व्यवस्था को करीब से समझा। कैसे बना इंदौर देश का सबसे साफ शहर, यह समझने आए मंत्री घोष ने कहा कि इंदौर आज ही नहीं, बल्कि कई सालों से देश का सबसे साफ शहर बना हुआ है और लगातार इस व्यवस्था को बनाए हुए है। बंगाल की टीम यह समझने आई है कि आखिर इंदौर ने यह मुकाम कैसे हासिल किया और इसे लगातार कैसे बरकरार रखा जा रहा है। उन्होंने कहा कि टीम ने यहां सफाई व्यवस्था, उसकी मॉनिटरिंग और सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट की पूरी प्रोसेस को समझा। कचरे का सेग्रीगेशन किस तरह होता है और उसे किस तरह ट्रांसपोर्ट व प्रोसेस किया जाता है, इसकी भी जानकारी ली गई। टीम ने कमांड एंड कंट्रोल सेंटर का भी निरीक्षण किया। बंगाल स्वच्छता के मामले में बहुत पीछे मंत्री ने कहा कि जब स्वच्छता की बात होती है तो इंदौर का नाम सबसे पहले आता है। यह हमारे लिए एक मॉडल है। इंदौर यहां तक कैसे पहुंचा, इसका इतिहास और यहां लागू किए गए सिस्टम को हम समझ रहे हैं। धीरे-धीरे इसी प्रक्रिया को पश्चिम बंगाल में शुरू किया जाएगा। उन्होंने माना कि स्वच्छता के मामले में बंगाल अभी काफी पीछे है। उन्होंने कहा, हमारी सरकार नई आई है। अभी से इस पर पूरा ध्यान देकर व्यवस्था को आगे बढ़ाने की कोशिश कर रहे हैं। कुछ व्यवस्थाएं हमारे यहां हैं, लेकिन वे पर्याप्त नहीं हैं। 10 साल पहले जो काम शुरू किया आज हम शुरू कर रहे हैं मंत्री घोष ने कहा कि मध्य प्रदेश में जो काम 10 साल पहले शुरू हो जाना चाहिए था, उसे अब हमारी सरकार आगे बढ़ा रही है। उन्होंने कहा कि आवास प्लस योजना के सर्वे में भी गड़बड़ियां सामने आई हैं। करीब 30 लाख आवास के लिए राशि दी गई, लेकिन इनमें 7,500 से अधिक लोग पात्र ही नहीं थे, ऐसे मामलों में राशि की रिकवरी की जा रही है। इसी तरह एसआईआर के कारण हटाए गए करीब 91 लाख मतदाताओं में से लगभग 58 हजार ऐसे लोगों की भी पहचान हुई है, जो नागरिक ही नहीं हैं और उनका नाम भी हटाया जाएगा। मंत्री ने कहा कि ऐसे कई मामलों में अपात्र लाभार्थियों की पहचान कर उन्हें सिस्टम से बाहर किया जा रहा है, ताकि सरकारी पैसे की बर्बादी रोकी जा सके। इसके लिए अलग-अलग रिकॉर्ड का मिलान कर सिस्टम को दुरुस्त किया जा रहा है और इसमें थोड़ा समय लगेगा।
एसडीएम ने आयुष्मान आरोग्य मंदिर का निरीक्षण किया:स्वास्थ्य सेवाओं और हर्बल गार्डन की जानकारी ली
झालावाड़ के अकलेरा उपखंड अधिकारी बनवारी लाल बैरवा ने आयुष्मान आरोग्य मंदिर गेहूंखेड़ी का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने स्वास्थ्य सेवाओं और सरकार द्वारा संचालित विभिन्न योजनाओं की प्रगति की जानकारी ली। उपखंड अधिकारी ने आयुष्मान आरोग्य मंदिर में उपलब्ध व्यवस्थाओं का जायजा लिया। उन्होंने आमजन को दी जा रही स्वास्थ्य सुविधाओं के बारे में विस्तृत जानकारी प्राप्त की। बैरवा ने मुख्यमंत्री द्वारा संचालित आयुष्मान आदर्श ग्राम योजना के तहत निर्धारित सूचकांकों की प्रगति की समीक्षा की। उन्होंने योजना के तहत अब तक हासिल किए गए शत-प्रतिशत सूचकांकों की जानकारी आयुष्मान आरोग्य मंदिर प्रभारी डॉ. सोनिका मीणा से ली। निरीक्षण के दौरान, उपखंड अधिकारी ने स्वास्थ्य केंद्र पर उपलब्ध सुविधाओं, ग्रामीणों को मिल रही स्वास्थ्य सेवाओं तथा विभिन्न स्वास्थ्य कार्यक्रमों के क्रियान्वयन के संबंध में भी जानकारी प्राप्त की। उन्होंने आयुष्मान आरोग्य मंदिर परिसर में विकसित हर्बल गार्डन का भी अवलोकन किया। बैरवा ने गार्डन में लगाए गए विभिन्न औषधीय पौधों के बारे में जानकारी ली और उनके औषधीय महत्व तथा उपयोग के संबंध में जानकारी प्राप्त की। उपखंड अधिकारी ने कहा कि हर्बल गार्डन के माध्यम से ग्रामीणों को औषधीय पौधों की उपयोगिता के प्रति जागरूक किया जा सकता है। साथ ही, इससे स्थानीय स्तर पर उपलब्ध प्राकृतिक संसाधनों के संरक्षण और उपयोग को भी बढ़ावा मिलता है। डॉ. सोनिका मीणा ने उपखंड अधिकारी को आयुष्मान आरोग्य मंदिर में संचालित स्वास्थ्य गतिविधियों, योजना के विभिन्न सूचकांकों तथा हर्बल गार्डन में विकसित औषधीय पौधों की जानकारी दी। उन्होंने केंद्र के माध्यम से ग्रामीण क्षेत्र के लोगों को उपलब्ध कराई जा रही स्वास्थ्य सेवाओं के बारे में भी अवगत कराया। इस अवसर पर आयुर्वेद कंपाउंडर राजाराम भी मौजूद रहे। निरीक्षण के दौरान उपखंड अधिकारी ने स्वास्थ्य केंद्र की व्यवस्थाओं को बेहतर बनाए रखने तथा सरकार की योजनाओं का लाभ अधिक से अधिक पात्र ग्रामीणों तक पहुंचाने पर जोर दिया।
भभुआ सदर थाना क्षेत्र के रतवार गांव निवासी दिलीप कुमार की हत्या के मामले में पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए एक आरोपित को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया है। गिरफ्तार आरोपित की पहचान कोशडिहरा गांव निवासी 63 वर्षीय योगेन्द्र सिंह के रूप में हुई है। पुलिस डीएसपी ने बताया कि 17 अगस्त को पुलिस को कोशडिहरा गांव के बधार में एक व्यक्ति का शव मिलने की सूचना मिली थी। सूचना के सत्यापन के लिए भभुआ थाने की पुलिस तत्काल घटनास्थल पर पहुंची, जहां से शव बरामद कर जांच शुरू की गई। मृतक के पिता महेंद्र सिंह यादव के आवेदन के आधार पर थाने में प्राथमिकी दर्ज की गई। मामले की गंभीरता को देखते हुए अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी ओम प्रकाश के नेतृत्व में एक विशेष टीम गठित की गई। टीम ने घटनास्थल से मिले साक्ष्यों, स्थानीय गवाहों और अन्य सूचनाओं के आधार पर संदिग्ध योगेन्द्र सिंह को गिरफ्तार किया। सदर थाने की पुलिस ने आरोपित से पूछताछ के बाद सदर अस्पताल में उसकी मेडिकल जांच कराई और कोर्ट में पेश किया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया। जानकारी के अनुसार, दिलीप बधार में भैंस चराने गया था। पिता ने आशंका जताई थी कि उनके बेटे की गला घोंटकर हत्या की गई है।
झुंझुनूं के एनएमटी गर्ल्स कॉलेज में छात्राओं ने प्राचार्य के खिलाफ प्रदर्शन किया है। छात्राओं का आरोप है कि प्राचार्य ने एक छात्रा के साथ अभद्र व्यवहार करते हुए उसके बाल पकड़कर खींचे और अपमानजनक भाषा का इस्तेमाल किया। घटना से नाराज छात्राओं ने कॉलेज परिसर में नारेबाजी कर निष्पक्ष जांच और कार्रवाई की मांग की है। एसएफआई ने चेतावनी दी है कि मांगों पर जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो आंदोलन तेज किया जाएगा। छात्राओं ने लगाए आरोप प्रदर्शन कर रही छात्राओं का कहना है कि कॉलेज में छात्राओं के साथ सम्मानजनक व्यवहार नहीं किया जा रहा है। उनका आरोप है कि प्राचार्य ने एक छात्रा के बाल पकड़कर खींचे और उसके साथ अभद्र भाषा का प्रयोग किया, जिससे छात्राओं में रोष फैल गया। छात्राओं ने कहा कि शैक्षणिक संस्थानों में इस तरह का व्यवहार किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं किया जा सकता। कॉलेज में सुरक्षित माहौल की मांग छात्राओं ने कहा कि कॉलेज शिक्षा का मंदिर है, जहां हर छात्रा को सुरक्षित और सम्मानजनक वातावरण मिलना चाहिए। उन्होंने मांग की कि कॉलेज प्रशासन ऐसा माहौल सुनिश्चित करे, जहां छात्राएं बिना किसी डर और दबाव के पढ़ाई कर सकें। एसएफआई ने की निष्पक्ष जांच की मांग एसएफआई जिला सचिव प्रिया मिठारवाल ने कहा - छात्राओं द्वारा लगाए गए आरोप बेहद गंभीर हैं। पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषी पाए जाने वालों के खिलाफ उचित कार्रवाई की जानी चाहिए। उन्होंने कहा कि यदि छात्राओं के साथ अन्याय हुआ है तो उन्हें न्याय मिलना चाहिए। मांग पूरी नहीं होने तक आंदोलन जारी रखने की चेतावनी प्रदर्शन कर रही छात्राओं ने प्रशासन को चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगों पर जल्द कार्रवाई नहीं की गई तो आंदोलन और तेज किया जाएगा। उन्होंने स्पष्ट कहा कि मामले की निष्पक्ष जांच और उचित कार्रवाई होने तक धरना जारी रहेगा।
मानसून के मौसम में दूषित खान-पान से फैलने वाली बीमारियों के खतरे को देखते हुए खाद्य सुरक्षा विभाग ने जिले भर में चेकिंग अभियान तेज कर दिया है। विभाग द्वारा रेहड़ी-फड़ी वालों और खाद्य विक्रेताओं के खाद्य पदार्थों के सैंपल लिए जा रहे हैं ताकि आम जनता को शुद्ध और स्वच्छ भोजन मिल सके। जारी अभियान के तहत जिला स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. पुनीत जम्वाल और खाद्य सुरक्षा अधिकारी नेहा शर्मा ने सुजानपुर और सरना इलाकों में खाने-पीने की रेहड़ियों का औचक निरीक्षण किया। जांच के दौरान 6 दुकानदारों, रेहड़ी चालकों को नोटिस जारी किए गए और 4 जगह से दूध, खोया और मिठाईयों के सैंपल भरे गए। इसके अलावा, स्ट्रीट वेंडरों और खाद्य विक्रेताओं को दस्ताने और एप्रन बांटे गए। विक्रेताओं को व्यक्तिगत स्वच्छता बनाए रखने और भोजन को सुरक्षित तरीके से परोसने के प्रति जागरूक किया गया। डल्हौजी रोड, जुगियाल और पंगोली चौक पर चेकिंग खाद्य सुरक्षा विभाग के अधिकारियों ने डल्हौजी रोड, जुगियाल और पंगोली चौक पर स्थित खाद्य दुकानों व रेहड़ियों की भी गहन जांच की। इस दौरान विक्रेताओं को 'गुड हाइजीनिक प्रैक्टिस' अपनाने और विभाग द्वारा निर्धारित स्वच्छता दिशा-निर्देशों का सख्ती से पालन करने की सलाह दी गई। निरीक्षण अभियान के दौरान फूड सेफ्टी ऑन व्हील्स मोबाइल लैब का उपयोग कर खाद्य पदार्थों की मौके पर ही जांच की गई। इससे खाद्य सामग्री की गुणवत्ता और सुरक्षा मानकों का तुरंत आकलन किया गया। खरड़ लैब में भेजे सैंपल, रिपोर्ट आने पर होगी कार्रवाई जिला स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. पुनीत जम्वाल ने बताया कि जांच के दौरान 6 दुकानदारों, रेहड़ी चालकों को नोटिस जारी किए गए और 4 जगह से दूध, खोया और मिठाईयों के सैंपल भरे गए हैं। जिन्हें जांच के लिए खरड़ लैब में भेजा गया है। अगर रिपोर्ट में कुछ गलत पाया गया तो सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने बताया कि इस दौरान, खाद्य कारोबारियों को सख्त निर्देश दिए कि भोजन बनाने के लिए केवल अच्छी गुणवत्ता वाले कच्चे माल का प्रयोग करें, खाना बनाने और पीने के लिए शुद्ध व सुरक्षित पानी का ही उपयोग किया जाए, अपने आसपास के परिसर, बर्तन और उपकरण पूरी तरह साफ-सुथरे रखें और मानसून के दौरान विशेष रूप से स्वच्छता का ध्यान रखें। इसी तरह जारी रहेगा अभियान अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि आने वाले दिनों में खाद्य विक्रेताओं की नियमित चेकिंग और सैंपलिंग लगातार जारी रहेगी। विभाग ने चेतावनी दी कि दिशा-निर्देशों का उल्लंघन करने वालों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी, क्योंकि जनस्वास्थ्य की सुरक्षा प्राथमिकता है।
बिलासपुर में खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता जांचने के लिए खाद्य एवं औषधि प्रशासन विभाग का ‘बने खाबो, बने रहिबो 2.0’ अभियान लगातार चल रहा है। अभियान के तहत बुधवार को शहर के अलग-अलग खाद्य दुकानों और प्रतिष्ठानों से खाद्य पदार्थों के सैंपल लिए गए। विभाग ने इन सैंपलों को जांच के लिए खाद्य परीक्षण प्रयोगशाला भेज दिया है। डीओ आरआर देवांगन ने बताया कि विभाग की टीम ने अमृत्युल्य मिल्क प्रोडक्ट चिंगराजपारा से पनीर और मंदिर चौक स्थित चिकन फैक्ट्री रेस्टोरेंट से एग बिरयानी नमूना लिया। सभी नमूनों को खाद्य गुणवत्ता की जांच के लिए प्रयोगशाला भेजा गया है। अपना मार्ट में छापेमारी, अरहल दाल का लिया सैंपल वहीं, विभाग को रायपुर रोड तिफरा स्थित अपना मार्ट की शिकायत मिली थी। जिसे गंभीरता से लेते हुए टीम मौके पर पहुंची और शिकायत के आधार पर वहां से अरहर दाल का सैंपल लिया। उसे भी जांच के लिए लैब भेजा गया है। विभाग के अधिकारियों के अनुसार जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। खाद्य पदार्थों में मिलावट और गुणवत्ता से संबंधित शिकायतों को देखते हुए इस तरह की जांच आगे भी जारी रहेगी। एक दिन पहले बंद कराया था श्रीराम स्वीट्स विभाग की टीम ने श्री राम स्वीट्स की जांच के दौरान वहां से तैयार पेड़ा का सैंपल लिया। इसे जांच के लिए खाद्य परीक्षण प्रयोगशाला भेजा गया है। रिपोर्ट आने के बाद खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम के तहत आगे की कार्रवाई की जाएगी। जांच के दौरान दुकान में करीब 15 किलो बर्फी भी मिली। अधिकारियों ने इसे मौके पर ही नष्ट करा दिया। इसके साथ ही दुकान का खाद्य लाइसेंस निलंबित कर दुकान बंद करा दी गई।
अजमेर में कुल्हाड़ी से पत्नी और बेटे पर हमला करने वाले आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है। आश्रम में मर्डर करने वाला भी पकड़ा गया है। वहीं एक दुकान में दीवार तोड़कर चोर घुसे और नगदी लेकर भागे। ये मामले शहर के अलग-अलग थाना क्षेत्र के है। पढ़िए- शहर की क्राइम की खबरें 1. पत्नी-बेटे पर कुल्हाड़ी से हमला, आरोपी गिरफ्तार पत्नी और बेटे पर कुल्हाड़ी से हमला करने वाले आरोपी पांचू सिंह को गिरफ्तार कर लिया गया है। आदर्श नगर थाने के एएसआई किशन ने बताया कि 18 अगस्त को लोन के कागजों पर हस्ताक्षर करने को लेकर पति-पत्नी में विवाद हुआ था। विवाद बढ़ने पर आरोपी ने पत्नी और बेटे पर कुल्हाड़ी से हमला कर दिया। रिश्तेदारों ने दोनों को हॉस्पिटल में भर्ती करवाया था। घायल पत्नी संपत्ति देवी के बयान के आधार पर पुलिस ने मुकदमा दर्ज किया। इसके बाद पुलिस टीम ने आरोपी पति को गिरफ्तार कर लिया। (ये खबर भी पढ़िए) 2. आश्रम में मूक-बधिर की हत्या, आरोपी गिरफ्तार सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग के अधीन शहर में संचालित स्वयं सिद्धा आश्रम में मूक-बधिर व्यक्ति की हत्या के मामले में पुलिस ने आरोपी आमिर (20) को गिरफ्तार किया है। सिविल लाइन थाना प्रभारी शंभू सिंह ने बताया कि आश्रम के मैनेजर की रिपोर्ट पर मुकदमा दर्ज किया गया था। पुलिस जांच में सामने आया कि दोनों के बीच विवाद हुआ था। इसके बाद आरोपी ने पाइप से हमला कर दिया, जिससे व्यक्ति की मौत हो गई। पुलिस के अनुसार-गिरफ्तार आरोपी भी मानसिक रूप से विक्षिप्त है। (ये खबर भी पढ़िए) 3. दीवार तोड़कर दुकान में घुसे चोर शहर के रामगंज थाना क्षेत्र के अजय नगर स्थित जनरल स्टोर में चोरी हो गई। ऑटो में आए चोर दुकान की पीछे की दीवार तोड़कर अंदर घुसे। इसके बाद करीब 6 से 7 हजार रुपए की नकदी चोरी कर फरार हो गए। दुकान मालिक कन्हैया लाल ने बताया कि पूरी वारदात सीसीटीवी कैमरे में कैद हुई है। शिकायत मिलने के बाद रामगंज थाना पुलिस फुटेज के आधार पर चोरों की तलाश कर रही है। 4. खानपुरा तालाब के पास 5 सिंचाई मोटर चोरी खानपुरा तालाब के पास सिंचाई के काम आने वाली करीब 5 मोटर चोरी हो गईं। पीड़ित मोहन सिंह ने बताया कि चोर बुधवार रात करीब 2 बजे के आस-पास मोटर चोरी कर ले गए। सुबह जानकारी मिलने पर मोटर चोरी होने का पता चला। मामले में रामगंज थाना पुलिस जांच कर रही है। 5. घर के बाहर लगा पानी का मीटर खोल ले गया चोर अलवर गेट थाना क्षेत्र के धोलाभाटा में घर के बाहर लगा पानी का मीटर चोरी होने का मामला सामने आया है। पीड़ित भरत सोलंकी ने बताया कि बुधवार रात करीब 2 बजे चोर घर के बाहर पहुंचा और पानी का मीटर खोलकर फरार हो गया। चोरी की वारदात सीसीटीवी कैमरे में कैद हुई है। पीड़ित ने मामले की सूचना अलवर गेट थाना पुलिस को दी। पुलिस सीसीटीवी फुटेज के आधार पर जांच कर रही है।
नूंह जिले के पुन्हाना के ट्रक मार्केट में गुरुवार को एक सड़क हादसे में एक महिला की मौत हो गई। दुर्घटना में उसका पति और करीब दो वर्षीय बच्चा घायल हो गए। सूचना मिलने पर शहर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू की। मृतका की पहचान गांव नई निवासी 30 वर्षीय राहिला पत्नी मोहब्बत के रूप में हुई है। परिजनों ने बताया कि मोहब्बत अपनी पत्नी राहिला और करीब दो वर्षीय बच्चे के साथ किसी काम से पुन्हाना आया था। ट्रक मार्केट में वे राहिला की सास से मिले और सड़क किनारे खड़े होकर बातचीत कर रहे थे। लोगों ने घायलों को अस्पताल पहुंचाया इसी दौरान एक तेज रफ्तार ट्रक ने उन्हें अपनी चपेट में ले लिया। टक्कर इतनी भीषण थी कि राहिला ने मौके पर ही दम तोड़ दिया। मोहब्बत और उसका बच्चा घायल हो गए। हादसे के बाद आसपास के लोग मौके पर जमा हो गए और घायलों को इलाज के लिए अस्पताल पहुंचाया। मृतका के परिजन भी घटना स्थल पर पहुंचे। शहर थाना पुलिस ने मौके पर पहुंचकर हादसे में शामिल ट्रक को कब्जे में ले लिया। मृतका के शव को पोस्टमार्टम के लिए अल आफिया अस्पताल मांडीखेड़ा भेजा गया है। केस दर्ज कर जांच में जुटी पुलिस शहर थाना प्रभारी कुंदन सिंह ने बताया कि पुलिस को हादसे की सूचना मिली थी। पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर ट्रक को कब्जे में ले लिया है और शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा है। उन्होंने बताया कि पुलिस मामले की जांच कर रही है और तथ्यों के आधार पर कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
आगरा में सड़क निर्माण की गुणवत्ता को लेकर नगर निगम ने सख्त रुख अपनाया है। नगर आयुक्त संतोष कुमार वैश्य ने वार्ड 18 में निर्माणाधीन सड़क की गुणवत्ता ठीक न मिलने पर ठेकेदार पर जुर्माना लगाने और भुगतान रोकने का आदेश दिया है। वे क्षेत्रीय पार्षद रेखा भास्कर की शिकायत पर निर्माणाधीन सड़क का निरीक्षण करने पहुंचे थे। उन्होंने कहा-घटिया सड़क निर्माण किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। मानकों के विपरीत निर्माण मिलने पर संबंधित ठेकेदार पर पेनाल्टी लगाने, भुगतान रोकने और सड़क का दोबारा निर्माण कराने की कार्रवाई की जाएगी। शिकायत पर निरीक्षण करने पहुंचेनगर आयुक्त गुरुवार को लोहामंडी जोनल कार्यालय के निरीक्षण पर पहुंचे थे। इसी दौरान वार्ड 18 की पार्षद रेखा भास्कर ने भीमनगर क्षेत्र में हाल ही में बनी सड़क की गुणवत्ता पर सवाल उठाते हुए शिकायत की। नगर आयुक्त ने शिकायत को गंभीरता से लेते हुए पार्षद के साथ मौके पर पहुंचकर सड़क का निरीक्षण किया। सड़क निर्माण में कई कमियां मिलने पर उन्होंने संबंधित अधिकारियों को तकनीकी जांच कराने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जांच में निर्माण कार्य निर्धारित मानकों के अनुरूप नहीं मिलने पर ठेकेदार के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाए। साथ ही सड़क को मानकों के अनुरूप दोबारा बनवाने के निर्देश दिए। नगर आयुक्त ने अधिकारियों से निर्माणाधीन और हाल में पूर्ण हुए कार्यों की गुणवत्ता की नियमित निगरानी करने को भी कहा। जोनल कार्यालय के पीछे गंदगी देख भड़के निरीक्षण के दौरान लोहामंडी जोनल कार्यालय के पिछले हिस्से में गंदगी और अव्यवस्था मिलने पर नगर आयुक्त ने नाराजगी जताई। उन्होंने सफाई व्यवस्था में लापरवाही पर जेडएसओ मनोज पाल और संबंधित एसएफआई से स्पष्टीकरण तलब करने के निर्देश दिए। सफाई कर्मियों के निर्धारित समय पर नहीं पहुंचने की जानकारी मिलने पर संबंधित कर्मचारियों को अंतिम चेतावनी जारी करने को कहा। नगर आयुक्त ने कार्यालय में जन्म-मृत्यु पंजीकरण से संबंधित रजिस्टर भी देखे। उन्होंने कर्मचारियों से लंबित प्रकरणों की जानकारी ली। बड़ी संख्या में फार्म लंबित मिलने पर इसकी वजह पूछी गई, लेकिन जेडओ स्पष्ट जवाब नहीं दे सके। इस पर नगर आयुक्त ने नाराजगी जताते हुए कार्यप्रणाली में सुधार के निर्देश दिए। जेडएसओ मुख्यालय से अटैचटैक्स विभाग के निरीक्षण में भी बड़ी संख्या में मामले लंबित मिले। इनके निस्तारण की स्थिति संतोषजनक नहीं मिलने पर नगर आयुक्त ने नाराजगी जताई। उन्होंने लोहामंडी जोन के जेडओ सीपी सिंह को मुख्यालय से संबद्ध करने के आदेश दिए। नगर आयुक्त ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि जन्म-मृत्यु पंजीकरण और टैक्स से जुड़े लंबित मामलों की हर सप्ताह समीक्षा की जाए। प्रगति रिपोर्ट उच्चाधिकारियों को उपलब्ध कराने के साथ लंबित प्रकरणों का समयबद्ध निस्तारण सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने कहा कि आम नागरिकों से जुड़े कार्यों में अनावश्यक देरी किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं की जाएगी। इसके बाद नगर आयुक्त ने अधिकारियों के साथ जनकपुरी क्षेत्र का भ्रमण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया और क्षेत्र में व्यवस्थाएं चाक-चौबंद रखने के निर्देश दिए। निरीक्षण के दौरान अपर नगर आयुक्त शिशिर कुमार, सहायक नगर आयुक्त अशोक प्रिय गौतम समेत अन्य अधिकारी मौजूद रहे।
शाजापुर में संत रविदास समरसता कलश यात्रा निकली:18 दिन तक जिले के मंडलों में पहुंचेगा पवित्र कलश
गुरुवार को शाजापुर में संत शिरोमणि गुरु रविदास महाराज की 650वीं जयंती के उपलक्ष्य में समरसता कलश यात्रा निकाली गई। यह यात्रा दोपहर करीब 3 बजे मां राजराजेश्वरी मंदिर परिसर से शुरू हुई।यह पवित्र समरसता कलश भोपाल में आयोजित राज्य स्तरीय कार्यक्रम में शाजापुर जिले की टीम को प्राप्त हुआ था। यात्रा में बड़ी संख्या में भाजपा पदाधिकारी और कार्यकर्ता शामिल हुए। कलश यात्रा मां राजराजेश्वरी मंदिर से प्रारंभ होकर भाजपा कार्यालय, लक्ष्मी नगर, विजय नगर, एबी रोड, मगरिया चौराहा, सोमवारिया बाजार और महुपुरा चौराहा से गुजरी। अंत में यह यात्रा गायत्री मंदिर पहुंची, जहां इसका विधिवत समापन किया गया। MLA बोले- समरसता की भावना को मजबूत करना भाजपा विधायक अरुण भीमावद ने बताया कि मध्य प्रदेश शासन के निर्देशानुसार संत रविदास महाराज की 650वीं जयंती के अवसर पर कलश वितरण एवं यात्रा का आयोजन किया जा रहा है। इसका मुख्य उद्देश्य समाज में समरसता की भावना को मजबूत करना और पुरातन परंपरा व सांस्कृतिक वैभव को बढ़ावा देना है। विधायक भीमावद ने बताया कि यह समरसता संकल्प अभियान 20 अगस्त से 10 सितंबर 2026 तक चलेगा। यह अभियान शाजापुर जिले के सभी भाजपा मंडलों तक पहुंचेगा, जहां यात्रा प्रत्येक मंडल में एक दिन रुकेगी। कुल मिलाकर, यह कलश 18 दिनों तक जिलेभर में भ्रमण करेगा। इस दौरान विभिन्न मठ-मंदिरों में कलश स्थापित कर पूजा-अर्चना की जाएगी, जिसमें सर्वसमाज की भागीदारी सुनिश्चित की जाएगी। विधायक ने सभी से इस अभियान में शामिल होकर समरसता और सामाजिक एकता के संकल्प को मजबूत करने की अपील की। कलश यात्रा की अन्य तस्वीरें…
सांभर लेक में गुरुवार को पंचायत समिति सांभर के ग्राम विकास अधिकारियों की ब्लॉक कार्यकारिणी का निर्विरोध गठन किया गया। निर्वाचन प्रक्रिया के दौरान सभी पदों पर सर्वसम्मति बनी। जिला प्रतिनिधि कमलकिशोर और मनीष कुमार प्रजापत ने बताया कि महेंद्र प्रताप चारण को ब्लॉक अध्यक्ष और अजय शेखावत को महामंत्री चुना गया। हनुमान प्रसाद वर्मा और सुनील यादव को कार्यकारिणी सदस्य के रूप में सर्वसम्मति से निर्वाचित किया गया। निर्वाचन के बाद सभी नवनिर्वाचित पदाधिकारियों का माल्यार्पण कर स्वागत किया गया और उन्हें शुभकामनाएं दी गईं। नवनिर्वाचित अध्यक्ष महेंद्र प्रताप चारण ने कहा कि उनकी प्राथमिकता संगठन की मजबूती, ग्राम विकास अधिकारियों के हितों की रक्षा और प्रशासनिक कार्यों में बेहतर समन्वय स्थापित करना रहेगी। उन्होंने सभी साथियों को साथ लेकर संगठन को अधिक सक्रिय और प्रभावी बनाने का विश्वास दिलाया। महामंत्री अजय शेखावत ने ब्लॉक स्तर पर ग्राम विकास अधिकारियों के बीच बेहतर संवाद स्थापित करने, उनकी समस्याओं को उचित मंच तक पहुंचाने और संगठनात्मक गतिविधियों को नियमित रूप से संचालित करने का संकल्प व्यक्त किया। उन्होंने अधिकारियों द्वारा जताए गए विश्वास के लिए आभार भी व्यक्त किया। कार्यकारिणी गठन के मौके पर अरुण कुमार पारीक, विष्णु कुमार जाट, मुकुल वर्मा, हितेश सिंह, कैलाश गोरा, पवन कुमावत, जगदीश चौधरी, महेंद्र कुड़ी सहित बड़ी संख्या में ग्राम विकास अधिकारी उपस्थित थे। सभी ने नवगठित कार्यकारिणी को बधाई दी और संगठन के माध्यम से विकास कार्यों में अधिक प्रभावी भूमिका निभाने की अपेक्षा जताई। बैठक के अंत में संगठन की आगामी गतिविधियों, आपसी सहयोग और पंचायत स्तर पर विकास कार्यों के बेहतर क्रियान्वयन पर भी विचार-विमर्श हुआ। उपस्थित अधिकारियों ने एकजुट होकर संगठन को मजबूत बनाने और जनहित के कार्यों को प्राथमिकता देने का संकल्प लिया।
पूर्व प्रधानमंत्री और भारत रत्न राजीव गांधी की जयंती पर करौली जिला कांग्रेस कार्यालय में सद्भावना दिवस मनाया गया। इस अवसर पर कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने राजीव गांधी की प्रतिमा पर पुष्पांजलि अर्पित कर उन्हें श्रद्धांजलि दी। कार्यक्रम के दौरान वक्ताओं ने राजीव गांधी के कार्यकाल और देश के विकास में उनके योगदान पर प्रकाश डाला। कार्यकर्ताओं ने उन्हें संचार क्रांति का जनक बताया और कहा कि उनके नेतृत्व में तकनीक और संचार के क्षेत्र में महत्वपूर्ण बदलाव हुए। वक्ताओं ने देश की एकता और अखंडता से जुड़े राजीव गांधी के महत्वपूर्ण फैसलों का भी उल्लेख किया। इसमें चीन के विरोध के बावजूद अरुणाचल प्रदेश को पूर्ण राज्य का दर्जा देना और असम की समस्या के समाधान की दिशा में की गई पहल शामिल थी। इस कार्यक्रम में प्रदेश कांग्रेस कमेटी सचिव उपेंद्र भारद्वाज, जिला प्रमुख प्रतिनिधि रक्षीलाल बैरवा, जिला कांग्रेस उपाध्यक्ष रामगिलास जाटव, प्रदेश कांग्रेस कमेटी सदस्य महेंद्र सिरोठिया, चंद्रप्रकाश मीणा, रामविलास बैरवा और शिवकुमार हरदेनिया सहित कई कांग्रेस कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
मोहाली जिले के खरड़ में सेक्टर-124 स्थित बंसल किरयाना स्टोर के ताले तोड़कर करीब डेढ़ लाख रुपए का सामान चोरी कर लिया गया। इस घटना को तीन युवकों ने अंजाम दिया, जो स्कूटी पर सवार होकर दुकान पर पहुंचे थे। पुलिस को सूचना दे दी गई है और मामले की जांच शुरू कर दी गई है। दुकान मालिक हैप्पी बंसल ने बताया कि वे रोजाना की तरह रात को दुकान बंद कर घर चले गए थे। सुबह जब वे दुकान पर पहुंचे, तो शटर के दोनों लॉक कटे हुए थे और सेंटर लॉक भी टूटा हुआ था। दुकान के अंदर सामान बिखरा पड़ा था, जिससे चोरी का पता चला। दो घंटे तक दुकान में रहे चोर दुकान में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगालने पर सामने आया कि रात करीब 12 बजे तीन युवक स्कूटी पर सवार होकर दुकान के बाहर पहुंचे। फुटेज में दिख रहा है कि एक युवक दुकान के अंदर चोरी कर रहा था, जबकि दो अन्य बाहर पहरा दे रहे थे। आरोपियों ने सीसीटीवी से बचने के लिए सिर पर कैप पहन रखी थीं। वे रात 12 बजे से 2 बजे तक, यानी करीब दो घंटे तक चोरी की वारदात को अंजाम देते रहे। दुकानदार के अनुसार, चोर कैश बॉक्स से करीब 25 हजार रुपए की नकदी, एक लैपटॉप, एक गैस सिलेंडर, लगभग 10 हजार रुपए के तंबाकू उत्पाद, सरसों के तेल की दो पेटियां, एक थैला चावल और एक मोटरसाइकिल की आरसी चुरा ले गए। चोरी हुए सामान और नकदी की कुल कीमत करीब डेढ़ लाख रुपए आंकी गई है। घटना की सूचना मिलने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस सीसीटीवी फुटेज के आधार पर आरोपियों की पहचान करने और उन्हें गिरफ्तार करने के प्रयास कर रही है।
जिला मोगा के अधीन आते थाना समालसर के गांव मल्लके में एक दिल दहला देने वाली वारदात सामने आई है। यहां धार्मिक समागम (जागरण) से वापस लौट रहे एक 15 वर्षीय किशोर पर कुछ युवकों ने आपसी सलाह-मशविरा कर तेजधार हथियारों और डंडों से जानलेवा हमला कर दिया। हमले में गंभीर रूप से घायल किशोर ने अस्पताल ले जाते समय रास्ते में ही दम तोड़ दिया। समालसर पुलिस ने इस सनसनीखेज हत्याकांड में मुख्य आरोपी अंग्रेज सिंह और उसके दो अज्ञात साथियों के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। धार्मिक समागम से लौटते समय हुआ हमला पुलिस को दी गई शिकायत में रमणदीप सिंह (निवासी दीवान पट्टी, गुरुसर माड़ी, मोगा) ने बताया कि 18 और 19 अगस्त 2026 की दरमियानी रात करीब 1:30 बजे वह अपने छोटे भाई जसप्रीत सिंह (15-16 वर्ष) और उसके दोस्त हरजीत सिंह के साथ मोटरसाइकिल (स्प्लेंडर नंबर PB-37-D-8021) पर सवार होकर गांव मल्लके में आयोजित एक जागरण में शामिल होने गया था। आरोपियों ने घेरकर की बेरहमी से पिटाई शिकायतकर्ता के मुताबिक, जब वे जागरण से वापस लौट रहे थे, तो रास्ते में गांव मल्लके के रहने वाले अंग्रेज सिंह (पुत्र बिक्कर सिंह) ने अपने दो अज्ञात साथियों के साथ मिलकर उन्हें घेर लिया। आरोपियों ने पुरानी रंजिश में उन पर एकाएक हमला बोल दिया। हमलावरों ने किरच (तेजधार हथियार) और भारी डंडों से जसप्रीत सिंह और हरजीत सिंह की बेरहमी से पिटाई शुरू कर दी। इस दौरान हमलावरों ने जसप्रीत को निशाना बनाते हुए उसके सिर और कुल्हों पर गहरे और घातक वार किए, जिससे वह लहूलुहान होकर वहीं गिर गया। इलाज के दौरान तोड़ा दम, आरोपियों पर मामला दर्ज गंभीर रूप से घायल जसप्रीत और हरजीत को सिविल अस्पताल मोगा में भर्ती कराया गया। जहां से जसप्रीत सिंह की हालत अत्यंत नाजुक होने के कारण डॉक्टरों ने उसे गुरु गोबिंद सिंह मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल, फरीदकोट रेफर कर दिया। वहां भी हालत में सुधार न होने पर उसे आगे एम्स बठिंडा के लिए रेफर किया गया, लेकिन बठिंडा ले जाते समय रास्ते में ही जसप्रीत ने तड़पते हुए दम तोड़ दिया। थाना समालसर पुलिस ने रमणदीप सिंह के बयानों के आधार पर मुख्य आरोपी अंग्रेज सिंह और उसके दो अज्ञात हमलावर साथियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS), 2023 की धारा 103 (हत्या) और 3(5) (साझा इरादा) के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि आरोपियों की धरपकड़ के लिए छापेमारी की जा रही है और जल्द ही उन्हें गिरफ्तार कर सलाखों के पीछे भेजा जाएगा। जाएगा।
किशनगंज शहर के मोतीबाग कचरा डंपिंग स्थल पर नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल (एनजीटी) के आदेश पर बिहार राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की एक टीम ने गुरुवार दोपहर करीब एक बजे निरीक्षण किया। इस दौरान नगर परिषद के कार्यपालक पदाधिकारी, स्वच्छता निरीक्षक स्वरूप राज, वार्ड पार्षद अरविंद मंडल, रमेश चौहान, संजय चौहान, दिलीप यादव सहित प्रभावित ग्रामीण और अन्य अधिकारी व कर्मी मौजूद थे। जांच टीम के समक्ष आसपास के ग्रामीणों ने अपनी समस्याओं को विस्तार से बताया। उन्होंने शिकायत की कि कचरा डंपिंग स्थल से निकलने वाली दुर्गंध और धुएं के कारण उन्हें लंबे समय से परेशानी हो रही है। कचरे से ग्राउंड वाटर की क्वालिटी खराब कई निवासियों ने स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं की जानकारी दी और अपनी मेडिकल रिपोर्ट व चिकित्सकीय दस्तावेज जांच टीम को सौंपे। ग्रामीणों का कहना था कि डंपिंग साइट से निकलने वाले प्रदूषण का उनके स्वास्थ्य पर गंभीर असर पड़ रहा है। स्थानीय लोगों ने पानी की गुणवत्ता और पेयजल की खराबी को लेकर भी शिकायतें दर्ज कराईं। उन्होंने आशंका जताई कि कचरा डंपिंग के कारण आसपास के भूजल की गुणवत्ता प्रभावित हो रही है। समस्या का जल्द से जल्द समाधान करने की मांग ग्रामीणों ने पानी की जांच कराने और इस समस्या का स्थायी समाधान करने की मांग की। ग्रामीणों ने यह भी बताया कि कचरे में आग लगने के बाद निकलने वाला धुआं पूरे इलाके में फैल जाता है, जिससे सांस लेने में कठिनाई सहित कई अन्य समस्याएं उत्पन्न होती हैं। उन्होंने जांच टीम से कचरे में आग लगने की वास्तविक स्थिति की भी जांच करने का आग्रह किया। जांच के दौरान, कुछ स्थानीय निवासियों ने नगर परिषद द्वारा उनके खिलाफ मुकदमा दर्ज करने और अन्य कार्रवाई की शिकायत भी की। उन्होंने बताया कि कचरा डंपिंग से उत्पन्न समस्याओं को लेकर आवाज उठाने पर उन्हें कई तरह की परेशानियों का सामना करना पड़ा है। ग्रामीणों ने जांच टीम से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर वास्तविक स्थिति सामने लाने और इस समस्या का जल्द से जल्द समाधान करने की मांग की। जांच टीम के रिपोर्ट पर सबकी नजर यह निरीक्षण NGT की ईस्टर्न जोन बेंच, कोलकाता द्वारा मूल आवेदन संख्या 100/2026/EZ, मोहम्मद अनसार खां बनाम बिहार राज्य में पारित आदेश के तहत गठित संयुक्त जांच प्रक्रिया का हिस्सा है। NGT ने केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (CPCB), बिहार राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (BSPCB) और जिला प्रशासन के प्रतिनिधियों वाली संयुक्त समिति गठित कर मोतीबाग स्थल की जांच का निर्देश दिया है। अब जांच टीम द्वारा मौके पर देखी गई स्थिति, स्थानीय लोगों की शिकायतों, मेडिकल रिपोर्ट एवं अन्य दस्तावेजों के आधार पर तैयार की जाने वाली रिपोर्ट पर सबकी नजर है। मामले की अगली सुनवाई 30 सितंबर 2026 को NGT में निर्धारित है।

