जननायक जनता पार्टी (जेजेपी) के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. अजय सिंह चौटाला के जन्मदिन के अवसर पर 13 मार्च को हांसी में होने वाले ‘जनचेतना दिवस’ समारोह को लेकर संगठन ने तैयारियां तेज कर दी हैं। इसी क्रम में आज (सोमवार) को जेजेपी के युवा प्रदेशाध्यक्ष दिग्विजय सिंह चौटाला फतेहाबाद दौरे पर रहेंगे। दिग्विजय चौटाला दोपहर एक बजे स्थानीय जाट धर्मशाला के पास स्थित एक होटल में पहुंचेंगे, जहां वे जिले भर के पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं की महत्वपूर्ण बैठक लेंगे। बैठक में जिलाध्यक्ष रविंद्र बैनीवाल व युवा जिलाध्यक्ष जतिन खिलेरी समेत कई पदाधिकारी व कार्यकर्ता मौजूद रहेंगे। कार्यकर्ताओं की लगाएंगे ड्यूटियां जतिन खिलेरी ने बताया कि इस बैठक का मुख्य उद्देश्य 13 मार्च को हांसी में होने वाली रैली की रणनीति को अंतिम रूप देना है। इस दौरान कार्यकर्ताओं की ड्यूटियां निर्धारित की जाएंगी और फतेहाबाद से अधिक से अधिक संख्या में लोगों की भागीदारी सुनिश्चित करने की योजना बनाई जाएगी। पार्टी पदाधिकारियों को गांव स्तर तक जनसंपर्क अभियान चलाने के निर्देश भी दिए जाएंगे, ताकि ‘जनचेतना दिवस’ को ऐतिहासिक बनाया जा सके। खिलेरी का दावा-रैली करेगी नई ऊर्जा का संचार जतिन खिलेरी ने कहा कि 13 मार्च का आयोजन केवल जन्मदिन समारोह नहीं, बल्कि जनजागरण का बड़ा मंच होगा। रैली के माध्यम से पार्टी अपनी नीतियों और विचारधारा को जन-जन तक पहुंचाने का संदेश देगी। दिग्विजय चौटाला कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए कार्यक्रम के महत्व पर प्रकाश डालेंगे और संगठनात्मक मजबूती पर जोर देंगे। पार्टी नेताओं का दावा है कि हांसी में होने वाला यह कार्यक्रम क्षेत्र की राजनीति में नई ऊर्जा का संचार करेगा। कार्यकर्ताओं में भी उत्साह का माहौल है और वे बड़ी संख्या में भागीदारी सुनिश्चित करने के लिए जुट गए हैं।
ब्रज की 45 दिन की होली के बीच यहां के फालैन गांव में चौंकाने वाला दृश्य दिखता है। यहां 20 फीट लंबाई और 30 फीट चौड़ाई में फैली होलिका के धधकते अंगारों के बीच से पंडा दौड़ते हुए निकलता है। आग में पंडा जरा सा भी नहीं जलता है। फालैन गांव में यह परंपरा सतयुग से निभाई जा रही है। पंडा परिवार के संजू भक्त प्रह्लाद के मंदिर में 45 दिन से ब्रह्मचर्य का पालन करते हुए व्रत-अनुष्ठान कर रहे हैं। इससे पहले उन्होंने पूरे गांव की परिक्रमा की। पंडा मेले के लिए गांव कोस सजाया जा रहा है। घरों में रंगाई-पुताई हो रही है। 5300 साल पुरानी इस परंपरा को देखने के लिए 50 हजार से अधिक टूरिस्ट गांव में पहुंचते हैं। होलिका की आग के बीच पंडा कैसे निकलता है? वह आग में क्यों नहीं जलता है? इस परंपरा के पीछे मान्यता क्या है? क्या यह एक ही परिवार के लोग निभा रहे? यह सब जानने के लिए दैनिक भास्कर की टीम मथुरा जिला मुख्यालय से 50 Km दूर छाता तहसील के फालैन गांव पहुंची। पढ़िए रिपोर्ट… पहले जानते हैं फालैन गांव का माहौल... फालैन गांव की करीब 10 हजार आबादी है। यहां उत्साह का माहौल है। गांव को सजाया संवारा जा रहा है। साफ सफाई चल रही है। गांव वाले घरों की रंगाई-पुताई कर रहे हैं। दरवाजों पर पेंट करा रहे हैं। मंदिर और घरों को रंग बिरंगी लाइटिंग से सजाया जा रहा है। घरों की पुताई करने वाले तुलसीराम ने बताया- पंडा मेला में हम लोग गांव को ऐसे ही सजाते हैं। साफ-सफाई करते हैं। हमारे लिए यही उत्सव है। चरण सिंह का कहना है कि यहां होली पर दिवाली जैसी तैयारी की जाती है। घरों पर रंगाई पुताई होती है, वहीं आने वाले मेहमानों के लिए पकवान बनवाए जाते हैं। ग्राम प्रधान कैलाश ने बताया कि सफाई अभियान चलवा रहा हूं। प्रह्लाद कुंड की साफ सफाई कराई गई है। लोगों से बात करके समझ में आया कि यह गांव 2 वजह से प्रसिद्ध है… पंडा का व्रत कैसा होता है, वो समझिए... प्रह्लाद मंदिर में संजू पंडा व्रत कर रहेगांव के लोगों से हमने पूछा कि पंडा कहां और उनका व्रत कैसा होता है? गांव वाले हमें गांव के बाहर बने प्रह्लाद के मंदिर लेकर गए। मंदिर के गर्भगृह में एक व्यक्ति बैठे थे। माला जप रहे थे। लोगों ने बताया कि यही संजू पंडा हैं। होलिका दहन के दिन सोमवार देर रात धधकती होली की लपटों के बीच से यही जलती होलिका से निकलेंगे। वह दूसरी बार ऐसा करेंगे। जलती होली से सकुशल पंडा को निकलते देखने के लिए भारत ही नहीं बल्कि विदेशों से भी लोग पहुंचते हैं। गांव के लोगों ने बताया कि उनके परिवार के सदस्य 5300 सालों से जलती होलिका के बीच से निकलते आ रहे हैं। इस तरह वह सतयुग में हिरण्यकश्यप के बेटे प्रह्लाद के बचने और होलिका के भस्म होने की पौराणिक कहानी को जीवंत करते हैं। संजू पंडा इस मंदिर में 45 दिन से जप कर रहे हैं। उनके व्रत के दौरान दिनचर्या कैसी होती है? वह किन नियम को फॉलो करते हैं, समझिए… अब संजू पंडा से बात, पढ़िए उन्होंने क्या कहा- दूसरी बार संजू पंडा होलिका दहन से निकलेंगेफालैन गांव के रहने वाले संजू पंडा इस बार जलती होली की आग से दूसरी बार निकलेंगे। इससे पहले उनके भाई मोनू पंडा 4 बार और उनके पिता सुशील 8 बार निकल चुके हैं। संजू पंडा का कहना है कि मेरा परिवार सतयुग से ही इस परंपरा का निर्वहन कर रहा है। उनका दावा है कि इसी गांव में भक्त प्रह्लाद को होलिका गोद में लेकर बैठी थीं। लेकिन भगवान नारायण के अनन्य भक्त प्रह्लाद का बाल भी बांका नहीं हुआ। होलिका जलकर राख हो गई। संजू पंडा कहते हैं कि इसकी बसंत पंचमी से तैयारी शुरू करते हैं। इसके लिए मैं सवा महीने (45) का व्रत रखते हैं। घर से अलग मंदिर पर ही रहते हैं। व्रत के दौरान दिन में केवल 1 बार फलाहार करते हैं। एक बार में हाथ की हथेली में जितना पानी आता है, उतना ही पी सकते हैं। गांव से बाहर नहीं जाते हैं। जमीन पर ही बिस्तर लगाकर सोते हैं। ब्रह्मचर्य का पालन करते हैं। वह कहते हैं- इस व्रत को करने वाला कभी गोवंश की पूछ नहीं पकड़ता है। कभी चमड़ा से बनी वस्तुओं का इस्तेमाल नहीं करता है। ऐसा लगता है कि प्रह्लाद देव खुद हमारे साथ होते हैं। मेरे बड़े भाई मोनू पंडा 2020 से जलती होलिका से निकलने की परंपरा निभाते आए हैं। मोनू ने बताया कि माला से 6-6 घंटे जप कर रहे हैं संजूसंजू के भाई मोनू पंडा ने बताया कि सैकड़ों वर्ष पहले गांव के प्रह्लाद कुंड से एक माला प्रकट हुई थी। यह माला मंदिर में ही रहती है। मान्यता है कि यही माला प्रह्लाद जी के गले में थी। इस माला में बड़े-बड़े 7 मनके (छोटी गोल वस्तुएं, जिन्हें धागे में पिरोकर माला बनाई जाती है) थे। बाद में मौनी बाबा ने इन्हीं सात मनकों से 108 मनके की माला तैयार कराई। मोनू बताते हैं- कई पीढ़ियां इसी माला से महीने भर जप करती हैं। होलिका दहन के दिन प्रह्लाद कुंड में स्नान के बाद इस माला को धारण करने के बाद ही आग की लपटों के बीच से निकल पाते हैं। मेरा भाई संजू इस माला से सुबह और शाम को 6-6 घंटे जप कर रहे हैं। 24 घंटे पहले शुरू होता है हवनसंजू पंडा के पिता सुशील पंडा ने बताया कि होली से निकलने से 36 घंटे पहले धमार गायन शुरू होता है। जबकि 24 घंटे पहले हवन शुरू कर दिया जाता है। इस हवन की अग्नि जब धीमी होने लगती है तभी होली में आग लगाई जाती है और पंडा मंदिर से निकलकर सीधे कुंड में स्नान करता है। फिर जलती होली की आग से निकलता है। सुशील पंडा का दावा है कि जब आग से निकलते हैं तब उनके आगे आगे बाल स्वरूप में प्रह्लाद जी चलते हैं। जिससे आग महसूस ही नहीं होती। 12 गांव की जलती है सामूहिक होलीफालैन गांव में प्रह्लाद जी के मंदिर के पास ही स्थित है प्रह्लाद कुंड। इसी कुंड के पास 12 गांव की सामूहिक होली जलाई जाती है। जिसमें फालैन, पैगांव, सुपाना, राजगढ़ी भीखगढ़ी नगला मेव, महरौली, विशंभरा, रोहिता 3 बिसा, 7 बिसा,10 बिसा, चौंकरवास गांव के हर घर से उपला डाला जाता है। इसके अलावा गांव के प्रधान राजस्थान से झरबेरिया की लकड़ी मंगाते हैं। ऐसा होता है होली का स्वरूपफालैन के रहने वाले चरण सिंह बताते हैं कि यहां होली 20 फीट ऊंची और 30 फीट व्यास की होती है। जिस समय यह होली जलती है, इसकी लपटें इतनी तेज होती हैं कि आसपास रहने वाले लोग खड़े भी नहीं हो पाते। चरण सिंह कहते हैं यह सब भगवान नारायण और भक्त प्रह्लाद जी की कृपा से ही संभव है। होलिका पूजा की प्रक्रिया समझिए... पंडा स्नान करेंगे, बहन अग्नि को अर्घ्य देंगी गांव से जुड़ी मान्यताएं समझिए... प्रह्लाद की प्रतिमाएं जमीन से प्रकट हुईंगांव के लोगों का मानना है कि प्रह्लादजी के मंदिर की प्रतिमाएं जमीन से प्रकट हुई थीं। मान्यता है कि सदियों पहले एक संत फालैन गांव में आए थे। यहां उनको एक पेड़ के नीचे भक्त प्रह्लाद और भगवान नरसिंह की प्रतिमा मिली। इन प्रतिमाओं को संत ने गांव के पंडा परिवार को दे दिया। जिसके बाद संत ने कहा- इन प्रतिमाओं को मंदिर में विराजमान करें। इनकी पूजा करें। हर साल होलिका के त्योहार पर जलती आग के बीच से इस परिवार का एक सदस्य निकले। होली की जलती आग उनको नुकसान नहीं पहुंचा सकेगी, ऐसा वरदान दिया। तभी से यह परंपरा चली आ रही है। पंडा आग में क्यों नहीं जलता है?इसको हमने दो तरीकों से समझने की कोशिश की। पहला फैक्ट वो, जो पंडा परिवार मानता है। दूसरा फैक्ट वो, जो साइंस कहती है। व्रत से आत्मशक्ति बढ़ती है, तपन महसूस होती है, मगर जलते नहींपंडा परिवार के मुताबिक, आग पर दौड़ने से पहले 45 दिन के व्रत से आत्म शक्ति बढ़ जाती है। साथ ही, प्रह्लाद की माला उन्हें आग में जलने से बचाती है। गीले बदन भागते हुए आग की तपन तो महसूस होती है, मगर शरीर जलता नहीं है। BHU के प्रोफेसर बोले- फिजिक्स में ऐसा कोई नियम नहींBHU के फिजिक्स डिपार्टमेंट के प्रोफेसर अजय त्यागी कहते हैं- धधकती आग के बीच से एक सामान्य व्यक्ति दौड़कर निकले और उसको कुछ न हो, विज्ञान में ऐसा कोई नियम नहीं है। हो सकता है कि वह (पंडा) आग में निकलने से पहले शरीर पर कुछ लगाते हों। ऐसा भी हो सकता है कि वह अपने शरीर में कुछ लगाते होंगे या फिर उनका कोई ट्रिक हो सकता है। ………………….. ये खबर भी पढ़िए- गोकुल में गोपियों ने पुलिसवालों पर बरसाईं छड़ियां, VIDEO:विदेशियों को भी नहीं छोड़ा, दुल्हन की तरह सजकर खेली छड़ीमार होली ब्रज में चारों ओर होली की धूम है। गोकुल में रविवार को छड़ीमार होली खेली गई। दुल्हन की तरह सजी महिलाओं ने भगवान श्रीकृष्ण और बलराम के बाल स्वरूप को रंग लगाया। घूंघट में गोपियों ने भगवान पर गोटेदार कपड़ों से लिपटी छड़ियां बरसाईं। गोपियों ने बड़ी संख्या में पहुंचे विदेशी सैलानियों पर भी दनादन छड़ियां बरसाईं। पुलिसवालों को भी नहीं छोड़ा। उन्हें देखकर लोग चिल्लाते हुए बोल रहे थे- और मारो, और मारो। बलदेव विधानसभा के बीजेपी विधायक पूरन प्रकाश ने राधा-कृष्ण बने कलाकारों संग डांस किया। पढें पूरी खबर
नोएडा प्राधिकरण का 2026-27 का बजट करीब 9000 करोड़ के आसपास का होगा। इसमें सिविल कंस्ट्रक्शन यानी परियोजनाओं को पूरा करने के लिए 2200 करोड़ रुपए खर्च किए जाएंगे। ग्रामीण विकास के लिए 250 करोड़ और मैनटेनेंस पर करीब 2400 करोड़ खर्च करने का अनुमान है। इसके अलावा न्यू नोएडा के मुआवजा रेट को भी इसमें शामिल किया जाएगा। इसको लेकर सभी विभागों से बजट का ब्यौरा मांगा गया है। इस बार कामर्शियल , इंस्टीट्यूशनल, आईटी सेक्टर की स्कीम को लॉच किया गया है। जिससे प्राधिकरण को बड़ा राजस्व मिलने की उम्मीद है। न्यू नोएडा की मुआवजा दर लगभग तय हो चुकी है। शासन से अंतिम मंजूरी मिलते ही अधिग्रहण की प्रक्रिया शुरू की जाएगी। उम्मीद है एक बजट का बड़ा हिस्सा उसमें भी शामिल किया जाएगा। 250 करोड़ से होगा ग्रामीण विकासनोएडा प्राधिकरण इस बार ग्रामीण विकास के लिए करीब 250 करोड़ का बजट हो सकता है। ये बजट नोएडा के परिसीमन में आने वाले 81 गांवों के विकास से संबंधित होगा। जिसमें नालियों से लेकर सड़क, पानी, पार्क और अन्य विकास शामिल है। विगत वित्तीय वर्ष में ये बजट 224 करोड़ का था। 2200 करोड़ में सिविल इतना ही अनुरक्षणवित्तीय वर्ष 2025-26 में करीब 2400 करोड़ रुपए का बजट सिविल प्रोजेक्ट का था। इससे पहले 2024-25 में करीब 1200 करोड़ रुपए आरक्षित किए गए थे। ऐसे में इस बार 2200 करोड़ के आसपास बजट का अनुमान है। ताकि नई परियोजनाओं और रुकी हुई परियोजनाओं पर काम तेजी से किया जा सके। साथ ही इतना ही बजट अनुरक्षण कार्यो को मिल सकता है। क्योंकि नोएडा में मैनटेनेंस वर्क अब ज्यादा है। जल विभागजल विभाग में इस बार राजस्व का लक्ष्य कम किया जा सकता है। ये लक्ष्य पिछले दो वित्तीय वर्ष के अनुसार दिए गए लक्ष्य और प्राप्तियों को देखकर ही दिया जाएगा। यानी 2023-24 में 120 करोड़ राजस्व का लक्ष्य दिया गया था। जिसके सापेक्ष करीब 153 करोड़ का राजस्व प्राप्त किया गया। वहीं 2024-25 में करीब 150 करोड़ का लक्ष्य दिया था। इस बार जल राजस्व का लक्ष्य बढ़ेगा।
करनाल के गांव काछवा के सरपंच के नाम से फर्जी तरीके से अदालत में पेश होकर एक एनडीपीएस आरोपी की जमानत लेने का सनसनीखेज मामला सामने आया है। आरोपी ने सरपंच के दस्तावेजों का इस्तेमाल कर 50 हजार रुपए की जमानत भरवाई, जिसकी एंट्री राजस्व रिकॉर्ड में भी कर दी गई। जब असली सरपंच को इसका पता चला तो उन्होंने अदालत का दरवाजा खटखटाया। कोर्ट के आदेश पर अब सिविल लाइंस थाना पुलिस ने अज्ञात आरोपियों के खिलाफ धोखाधड़ी और जालसाजी का केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। सरपंच को पटवारी से मिली जानकारीगांव काछवा निवासी अजय ने अदालत में दायर आवेदन में बताया कि वह गांव का सरपंच है और उसके नाम पर जमाबंदी वर्ष 2016-17 के अनुसार कृषि भूमि का एक तिहाई हिस्सा दर्ज है। 26 नवंबर 2019 को गांव के हल्का पटवारी ने उसे बताया कि उसने एनडीपीएस एक्ट के केस में आरोपी ब्रह्मदेव यादव की जमानत ली है। यह एंट्री अदालत के आदेश पर राजस्व रिकॉर्ड में की जा रही है। यह सुनकर अजय हैरान रह गया, क्योंकि वह कभी अदालत में पेश ही नहीं हुआ था और न ही किसी आरोपी के लिए जमानतदार बना था। क्या था मूल एनडीपीएस मामलाएफआईआर के मुताबिक 1 अक्तूबर 2019 को थाना सेक्टर-32/33 करनाल में एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज हुआ था। पुलिस टीम ने करनाल के करण विहार इलाके से एक व्यक्ति को पकड़ा। पूछताछ में उसने अपना नाम ब्रह्मदेव यादव बताया, जो बिहार के गांव जुमेरिया का रहने वाला है और उस समय करण विहार में किराये पर रह रहा था। तलाशी के दौरान उसके पास से 1 किलो 155 ग्राम गांजा पत्ती बरामद हुई थी। इसके बाद पुलिस ने उसके खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू की थी। फर्जी व्यक्ति बनकर अदालत में पेश हुआअजय ने अपने आवेदन में बताया कि जांच में सामने आया कि आरोपी ब्रह्मदेव पुत्र अनूप यादव, निवासी मकान नंबर 101, गली नंबर 3, करण विहार करनाल ने एक व्यक्ति मेजर सिंह को अजय बनाकर अदालत में पेश किया। इस व्यक्ति ने अजय के नाम का आधार कार्ड और जमाबंदी की कॉपी लगाई और 50 हजार रुपए का जमानत बांड भर दिया। अजय ने स्पष्ट कहा कि उसने कभी किसी अदालत में पेश होकर जमानत बांड नहीं भरा और न ही ब्रह्मदेव या किसी अन्य व्यक्ति के पक्ष में जमानत दी। अदालत ने मानी फर्जीवाड़े की आशंकामामले की सुनवाई अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश-प्रथम करनाल जसबीर सिंह कुंडू की अदालत में हुई। रिकॉर्ड देखने पर पाया गया कि 05 नवंबर 2019 को पारित आदेश के अनुसार 06 नवंबर 2019 को 50 हजार रुपए की जमानत और जमानतदार बांड जमा हुआ था। अदालत ने माना कि अजय के नाम से कोई काल्पनिक या फर्जी व्यक्ति अदालत में पेश हुआ और जमानत दी।17 सितंबर 2025 को अदालत ने आदेश दिया कि पूरे मामले की गहन जांच की जाए। आवेदन की कॉपी थाना सिविल लाइंस के एसएचओ को भेजी जाए और इसे शिकायत मानकर कार्रवाई की जाए। अदालत के आपराधिक अहलमद को निर्देश दिए गए कि जमानत बांड, शपथ पत्र और आधार कार्ड की कॉपियां भी पुलिस को भेजी जाएं। पुलिस ने दर्ज किया केसकोर्ट के आदेश के बाद थाना सिविल लाइंस करनाल में 28 फरवरी को केस दर्ज किया है। पुलिस के मुताबिक, अज्ञात व्यक्ति ने अजय के दस्तावेजों का इस्तेमाल कर 06 नवंबर 2019 को ब्रह्मदेव यादव की जमानत ली। पुलिस ने धोखाधड़ी, जालसाजी, झूठा सबूत देने और आपराधिक साजिश सहित विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज किया है। जांच एसआई राजेश कुमार को सौंपी गई है। सरपंच की जमीन पर पड़ी एंट्रीअजय ने अदालत से यह भी मांग की कि उसकी जमीन को आगे के लेन-देन के लिए मुक्त किया जाए, क्योंकि जमानत की एंट्री के कारण उसकी संपत्ति प्रभावित हो रही है। अब पुलिस यह पता लगाएगी कि अजय के दस्तावेज किसने हासिल किए, आधार कार्ड और जमाबंदी की कॉपी कैसे इस्तेमाल हुई और इस साजिश में कौन-कौन शामिल है। इस मामले ने न्यायिक प्रक्रिया में फर्जी पहचान के जरिए जमानत लेने की गंभीर खामी को उजागर किया है। पुलिस की जांच के बाद ही साफ होगा कि इस जालसाजी के पीछे कौन लोग हैं और कैसे यह पूरी साजिश रची गई।
विवाहिता की मौत पर पति समेत 9 पर केस दर्ज:इटावा में दहेज हत्या का आरोप, आरोपियों की तलाश जारी
इटावा में एक विवाहिता की संदिग्ध हालात में फांसी से मौत हो गई। मायके पक्ष ने ससुराल वालों पर दहेज के लिए हत्या करने का आरोप लगाया है। पुलिस ने पति समेत नौ लोगों के खिलाफ दहेज हत्या का मुकदमा दर्ज कर लिया है। शव का पोस्टमार्टम कराया गया है और आरोपियों की तलाश जारी है। मामला जसवंतनगर थाना क्षेत्र के ग्राम उतरई का है। शादी के बाद से शुरू हुआ विवाद फिरोजाबाद के मटसेना थाना क्षेत्र के ग्राम वजीरपुर निवासी राम अवतार शर्मा ने पुलिस को दी तहरीर में बताया कि उनकी बेटी सोनी शर्मा की शादी 4 दिसंबर 2022 को उतरई निवासी शिव किशोर दीक्षित से हुई थी। उनका कहना है कि शादी के कुछ समय बाद से ही ससुराल पक्ष अतिरिक्त दहेज की मांग को लेकर बेटी को परेशान करने लगा था। 20 लाख रुपए की मांग का आरोप पीड़ित पिता का आरोप है कि ससुराल वाले 20 लाख रुपये की मांग कर रहे थे। रकम न मिलने पर बेटी को मानसिक और शारीरिक रूप से प्रताड़ित किया जाता था। देवर की ओर से यह भी धमकी दी जाती थी कि अगर पैसा नहीं मिला तो सरकारी नौकरी कर रहे पति की दूसरी शादी कर दी जाएगी। शादी में कार और सोना देने का दावा परिजनों का कहना है कि शादी में स्कॉर्पियो कार, करीब 20 तोला सोना और गृहस्थी का पूरा सामान दिया गया था। इसके बावजूद ससुराल पक्ष की मांगें खत्म नहीं हुईं। आरोप है कि लगातार दबाव और प्रताड़ना के कारण बेटी परेशान रहती थी। गला दबाकर हत्या करने का आरोप तहरीर में कहा गया है कि 28 फरवरी 2026 को पति शिव किशोर, देवर श्रीप्रकाश, जेठ हरीश, जेठानी ओमलता, सास प्रभा देवी, ससुर वीरेंद्र कुमार, ननद पूनम, अनीता और नंदोई संकल्प मिश्रा ने मिलकर सोनी की गला दबाकर हत्या कर दी। इसके बाद साड़ी के फंदे से शव को पंखे पर लटका दिया गया, ताकि मामला आत्महत्या का लगे।
सहारनपुर में देर रात पुलिस की गोकशों के बीच मुठभेड़ हो गई। बदमाशों ने पुलिस पर चेकिंग करते हुए गोली चला दी। पुलिस को भी काउंटर फायरिंग करनी पड़ी। जिसमें दोनों बदमाशों के पैर में गोली लग गई और वे घायल हो गए। दोनों घायल बदमाशों को अस्पताल में भर्ती कराया गया है। दोनों पर गोकशी, गैंगस्टर, चोरी समेत 12 से अधिक मुकदमे दर्ज बताए गए हैं। मामला थाना देहात क्षेत्र का है। पुलिस के अनुसार, देर रात को थाना कोतवाली देहात पुलिस टीम आसनवाली पुलिया चौराहे के पास संदिग्ध लोगों और वाहनों की चेकिंग कर रही थी। तभी ग्राम पीकी की ओर से बिना नंबर प्लेट की बाइक पर सवार दो युवक आते दिखाई दिए। पुलिस ने संदिग्ध लगने पर उन्हें रुकने का इशारा किया, लेकिन आरोप है कि दोनों ने बाइक मोड़ ली और पुलिस टीम पर जान से मारने की नीयत से फायरिंग कर दी। पुलिस के मुताबिक, आरोपी ग्राम पीकी की तरफ भागने लगे, लेकिन कुछ दूरी पर उनकी बाइक फिसलकर गिर गई। इसके बाद दोनों आम के बाग की ओर भागते हुए फिर से पुलिस पर फायरिंग करने लगे। पुलिस ने आत्मरक्षा में जवाबी फायरिंग की, जिसमें दोनों के पैर में गोली लग गई। घायल अवस्था में दोनों को मौके से दबोच लिया गया। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान नाजिम पुत्र कयूम और अयूब पुत्र कयूम निवासी पंडौली थाना नागल के रूप में हुई है। पुलिस ने मौके से दो तमंचे .315 बोर, दो जिंदा कारतूस, दो खोखा कारतूस और एक बिना नंबर प्लेट की बाइक बरामद की है। पुलिस के अनुसार, दोनों आरोपी थाना कोतवाली देहात में दर्ज मुकदमे में फरार चल रहे थे। इसके अलावा नाजिम के खिलाफ थाना नागल में मुकदमा दर्ज है। दोनों घायलों को प्राथमिक उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
सोनीपत शहर में ठगी की वारदातें लगातार बढ़ती जा रही हैं। ताजा मामला पुराना शहर क्षेत्र का है, जहां सत्संग के लिए घर से निकली एक महिला को तीन युवकों ने रास्ते में रोककर बातों में उलझाया और कथित रूप से सम्मोहित कर उसके सोने के आभूषण लेकर फरार हो गए। पुलिस ने शिकायत के आधार पर मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस आसपास के सीसीटीवी चैक करी है।बातों में फंसाकर साइड में ले गएसोनीपत के राज मोहल्ला के रहने वाले राम राधव ने पुलिस चौकी पुराना शहर में दी शिकायत में बताया कि उनकी पत्नी राम कुमारी 1 मार्च 2026 को सुबह करीब 9 बजे सत्संग के लिए घर से निकली थी। जब वह अग्रवाल ढाबा के पास, मुरथल अड्डा चौक के निकट पहुंची तो तीन युवकों ने उसे रास्ते में रोक लिया।शिकायत के अनुसार युवकों ने पहले सामान्य बातचीत शुरू की और फिर बातों में उलझाकर उसे पास की दुकान की साइड में ले गए। आरोप है कि उन्होंने महिला को सम्मोहित कर उसके कानों की बालियां और सोने का मंगलसूत्र उतरवा लिया और मौके से फरार हो गए। होश आने पर परिवार को बताई घटनाराम राधव जहाँ ने बताया कि उनकी पत्नी अनपढ़ है। जब उसे होश आया तो वह सीधे घर पहुंची और पूरी घटना की जानकारी दी। इसके बाद वह मौके पर पहुंचे और आसपास पूछताछ कर स्थिति की तसल्ली की।पीड़ित ने पुलिस से तीनों अज्ञात युवकों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की मांग की है।पुलिस ने किया मामला दर्जपुलिस चौकी पुराना शहर में तैनात एसआई दलजीत सिंह ने बताया कि शिकायत के आधार पर मामला सरेदस्त जुर्म पाया गया। पुलिस ने धारा 318(4) और 303 भारतीय न्याय संहिता (BNS) के तहत दर्ज किया गया।एसएचओ को मामले से अवगत करा दिया गया है और आगे की जांच एएसआई प्रवीण को सौंपी गई है।पुलिस ने शुरू की जांचमामला दर्ज होने के बाद पुलिस टीम मौके पर पहुंची और आसपास के क्षेत्र में पूछताछ शुरू की। सीसीटीवी फुटेज खंगालने की भी तैयारी की जा रही है, ताकि आरोपियों की पहचान की जा सके।पुलिस का कहना है कि जल्द ही आरोपियों को काबू कर लिया जाएगा। साथ ही आमजन से अपील की गई है कि अजनबी लोगों की बातों में न आएं और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की तुरंत सूचना पुलिस को दें।
नरसिंहपुर में सींगरी नदी पर बना पुराना पुल जल्द ही तोड़ा जाएगा। यह पुल पुराने नरसिंहपुर को कंदेली-स्टेशनगंज से जोड़ता है। अब इसकी जगह लगभग 7 करोड़ 39 लाख की लागत से नया पुल बनाया जाना है, जिसके लिए पुराने पुल को हटाने का काम शुरू हो रहा है। पुल टूटने से सात वार्डों (नेहरू, शंकर, महाजनी, निरंजन, संजय, किसानी और नरसिंह वार्ड) की करीब 15 हजार आबादी प्रभावित होगी। स्थानीय लोगों का कहना है कि पुल तोड़ने से पहले आवाजाही के लिए सही वैकल्पिक रास्ते तैयार किए जाने चाहिए। वैकल्पिक रास्तों की स्थिति खराब प्रशासन ने शहर से जुड़ने के लिए दो रास्तों का सुझाव दिया है, लेकिन उनकी हालत ठीक नहीं है- पहला रास्ता नृसिंह मंदिर रोड से कचहरी मार्ग तक जाता है। यह बहुत घनी आबादी वाला इलाका है और कहीं-कहीं तो रास्ता सिर्फ 7 से 8 फीट चौड़ा है। यहाँ से एंबुलेंस या स्कूल बस का निकलना बहुत मुश्किल है। दूसरा रास्ता गुलाब चौराहा से कर्बला रोड वाला मार्ग भी संकरा और ऊबड़-खाबड़ है। बारिश में बढ़ सकती है मुसीबत लोगों को डर है कि अगर बारिश शुरू होने तक काम पूरा नहीं हुआ, तो वैकल्पिक मार्गों पर बने रपटे डूब सकते हैं। इससे नदी के उस पार रहने वाले लोगों का संपर्क शहर से पूरी तरह कट सकता है। दूरी और समय की मार पुल टूटने के बाद अस्पताल जाने के लिए जो रास्ता अभी 500-700 मीटर है, वह बढ़कर 4 किलोमीटर तक हो जाएगा। बड़े वाहनों को तो 10-12 किलोमीटर का चक्कर काटकर हाईवे से आना-जाना पड़ेगा। इससे बाजार, रेलवे स्टेशन, कलेक्ट्रेट और बैंकों तक पहुँचने में लोगों को काफी समय और मशक्कत लगेगी।
नमस्कार, कानपुर में कल (रविवार) की बड़ी खबरें…होली के रंगों के साथ इस बार शहर में मिठास भी खास अंदाज में घुलने जा रही है। कानपुर के मिठाई बाजार में सोने की वर्क लगी शाही गुजिया ग्राहकों को आकर्षित कर रही है। पति ने पत्नी की गला दबाकर हत्या कर दी। फिर शव को कंबल में लपेट कर घर से 500 मीटर दूर नाले में फेंक दिया। शव पानी में उतराए न, इसके लिए पत्थर से दबा दिया। बोर्ड परीक्षाओं के दौरान उत्तरीपुरा क्षेत्र में देर रात तक तेज आवाज में डीजे बजाने का मामला सामने आया है। पुलिस के रोकने और आवाज कम करने के निर्देश के बावजूद बाराती नहीं माने। इसके बाद पुलिस ने बैंड संचालक के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है। कानपुर की ऐसी ही 10 बड़ी खबरें VIDEO में देखने के लिए ऊपर क्लिक करें… अब सिलसिलेवार 10 खबरें पढ़िए- आधी रात तक DJ बचाने पर कार्रवाई:कानपुर पुलिस के रोकने पर अड़े बाराती, बैंड संचालक पर मुकदमा कानपुर में बोर्ड परीक्षाओं के दौरान उत्तरीपुरा क्षेत्र में देर रात तक तेज आवाज में डीजे बजाने का मामला सामने आया है। पुलिस के रोकने और आवाज कम करने के निर्देश के बावजूद बाराती नहीं माने। इसके बाद पुलिस ने बैंड संचालक के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है। मामला उत्तरीपुरा स्थित हरे रामा हरे कृष्णा गेस्ट हाउस का है, जहां एक शादी समारोह में रात 10 बजे के बाद भी तेज ध्वनि में डीजे बज रहा था। उसी दौरान उत्तरीपुरा चौकी प्रभारी अमित सिंह, उपनिरीक्षक सोनू गुप्ता और हेड कांस्टेबल रवि कुमार क्षेत्र में गश्त पर थे। रात करीब 11:40 बजे पुलिस टीम गेस्ट हाउस के बाहर पहुंची तो डीजे की आवाज दूर तक सुनाई दे रही थी। पढ़ें पूरी खबर…. कानपुर में 31,000 रुपए किलो बिक रही गुजिया:मिठाई बाजार में छाई सोने-चांदी के वर्क की गुजिया, ड्राईफ्रूट की भी डिमांड कानपुर में होली के रंगों के साथ इस बार शहर में मिठास भी खास अंदाज में घुलने जा रही है। कानपुर के मिठाई बाजार में सोने की वर्क लगी शाही गुजिया ग्राहकों को आकर्षित कर रही है। 24 कैरेट सोने के वर्क से सजी इस खास गुजिया की कीमत 31,000 रुपए प्रति किलोग्राम रखी गई है। यह शहर की सबसे महंगी गुजिया है। सोने की सिंगल गुजिया का बॉक्स मात्र 750 रुपए कीमत का है। रंगों के त्योहार पर इस बार गुजिया सिर्फ मिठास ही नहीं, शाही अंदाज का स्वाद भी परोस रही है। पढ़ें पूरी खबर… कानपुर-लखनऊ रेल रूट पर 42 ट्रेनें रद्द, 31 के रूट-बदलेंगे:2 अप्रैल से 13 मई तक होगी गंगा पुल की मरम्मत, 8 घंटे चलेगा काम कानपुर से लखनऊ के बीच सफर करने वाले यात्रियों को 2 अप्रैल से 42 दिनों तक भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ेगा। गंगा नदी पर बने 118 साल पुराने रेलवे पुल की मरम्मत के लिए रेलवे ने 2 अप्रैल से 13 मई तक मेगा ब्लॉक घोषित किया है। इस दौरान 42 ट्रेनें पूरी तरह रद्द रहेंगी, 31 ट्रेनों का मार्ग बदला जाएगा और 14 ट्रेनें केवल कानपुर तक ही संचालित होंगी। पढ़ें पूरी खबर… कानपुर में 6 किमी लंबा जाम:उन्नाव में दो डंपर भिड़े, ढाई घंटे बाद हटाए गए; एयरपोर्ट जाने वाले यात्री भी परेशान कानपुर-उन्नाव हाईवे पर रविवार सुबह कनोडिया पेट्रोल पंप के सामने दो डंपरों की आमने-सामने भिड़ंत हो गई। हादसे के बाद कानपुर की ओर करीब 6 किलोमीटर लंबा जाम लग गया। सुबह 9 बजे से ही सैकड़ों छोटे-बड़े वाहन सड़क पर रेंगते नजर आए। दोनों जिलों की पुलिस ने यातायात सामान्य कराने की कोशिश की, लेकिन दोपहर तक हालात पूरी तरह काबू में नहीं आ सके। यातायात इंस्पेक्टर सतेंद्र पाल ने बताया कि उन्नाव क्षेत्र में हुए हादसे के कारण कानपुर की तरफ यातायात का दबाव बढ़ गया। उन्नाव पुलिस ने करीब ढाई घंटे की मशक्कत के बाद क्रेन की मदद से दोनों क्षतिग्रस्त डंपरों को हाईवे से हटवाया। पढ़ें पूरी खबर… कानपुर में 68 खातों से 1600 करोड़ निकल गए:बैंकों के कर्मचारी जांच एजेंसियों के निशाने पर, जल्द होगी पूछताछ कानपुर में 68 बैंक खातों से बीते ढाई साल में करीब 1600 करोड़ रुपए की निकासी के मामले ने सनसनी फैला दी है। जांच के दौरान बैंक कर्मचारियों की भूमिका भी संदिग्ध मानी जा रही है। साइबर क्राइम ब्रांच ने कुछ बैंकों को नोटिस जारी कर खातों से जुड़ी विस्तृत जानकारी मांगी है। अधिकारियों का कहना है कि खातों में भारी लेन-देन के बावजूद बैंक स्तर पर निगरानी में चूक कैसे हुई, इसकी भी जांच की जा रही है। कुछ बैंक कर्मियों की भूमिका संदिग्ध मानते हुए उनसे पूछताछ की तैयारी है। फिलहाल पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि इतनी बड़ी रकम कहां से आई और कहां खपाई गई। मामला सामने आने के बाद बैंकिंग सिस्टम की सतर्कता पर भी सवाल खड़े हो गए हैं। पढ़ें पूरी खबर…. बिल्हौर में पति ने पत्नी के सिर पर हमला किया:घर के काम में मदद करने को कहा तो भड़का पति, हालत गंभीर कानपुर के बिल्हौर थाना क्षेत्र के नयापुरवा गांव में रविवार सुबह घरेलू विवाद ने हिंसक रूप ले लिया। कामकाज को लेकर हुए विवाद में पति ने पत्नी पर हमला कर दिया, जिससे महिला गंभीर रूप से घायल हो गई। पीड़िता के सिर में गंभीर चोटें आई हैं। सूचना पर पहुंची पुलिस ने महिला को उपचार के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र भेजा और तहरीर के आधार पर जांच शुरू कर दी है। नयापुरवा निवासी प्रियंका ने पुलिस को दी तहरीर में बताया कि रविवार सुबह त्योहार के चलते वह घर के काम में व्यस्त थीं। उन्होंने अपने पति सुनील से सहयोग करने को कहा, जिस पर वह कथित रूप से गाली-गलौज करने लगा। पढ़ें पूरी खबर… पत्नी की गला दबाकर हत्या, शव नाले में फेंका:कानपुर में घर की CCTV फुटेज डिलीट की, 5 साल पहले लव मैरिज की थी कानपुर में पति ने पत्नी की गला दबाकर हत्या कर दी। फिर शव को कंबल में लपेट कर घर से 500 मीटर दूर नाले में फेंक दिया। शव पानी में उतराए न, इसके लिए पत्थर से दबा दिया। शनिवार सुबह राहगीरों को नाले में सिर दिखा तो पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने शव को निकलवाकर मोर्चरी पर रखवाया। देर रात शव की पहचान भाई ने पनकी के सरायमीता निवासी आकृति सिंह उर्फ रूबी (28) के रूप में किया। पांच साल पहले आकृति ने मंदिर में लव मैरिज की थी। पुलिस ने आरोपी पति और दो जेठ को अरेस्ट कर लिया है। उनसे पूछताछ की जा रही है। पढ़ें पूरी खबर… कानपुर में होली पर हर्बल कलर की डिमांड:भगवा रंगों की बिक्री ज्यादा, बच्चे मुर्गा टोपी ज्यादा खरीद रहे कानपुर के 100 साल पुराने रंगों के बाजार में इस साल हर्बल रंगों की मांग काफी बढ़ गई है। होली की मस्ती के लिए मुर्गा टोपी की भी खूब डिमांड देखने को मिल रही है। दुकानदारों का कहना है कि गुलाल में सबसे ज्यादा भगवा रंग पसंद किया जा रहा है। शहर के हटिया बाजार में पूरे यूपी से लोग होली पर रंग और गुलाल की खरीदारी के लिए आते हैं। होली की तैयारियों को लेकर बच्चों में सबसे ज्यादा उत्साह दिखाई दे रहा है। बाजार में तरह-तरह के रंग और पिचकारियां बिक रही हैं, जिन्हें खरीदने के लिए लोगों की भीड़ उमड़ रही है। पढ़ें पूरी खबर… कानपुर में लव अफेयर में युवक ने फांसी लगाई:पास में टूटा मोबाइल पड़ा था, घर में अकेला था; बगल के गांव की लड़की से बात करता था कानपुर में 22 वर्षीय युवक ने प्रेम प्रसंग के चलते फांसी लगाकर जान दे दी। घटना की जानकारी उस समय हुई जब परिजन घर लौटे और कमरे में युवक का शव फंदे से लटकता मिला। सूचना पर पहुंची पुलिस और फोरेंसिक टीम ने मौके की जांच कर शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया। सेन पश्चिमपारा थाना क्षेत्र के बिनगंवा निवासी किसान राजू पासवान ने बताया कि शनिवार को वह पत्नी की दवा दिलाने शहर गए थे। छोटा बेटा गोपी बाहर था और बेटियां खेत गई थीं। बड़ा बेटा विशाल (22) घर पर अकेला था। पढ़ें पूरी खबर…. हैलट में जूनियर डॉक्टरों ने गार्ड को पीटा VIDEO:1 सेकेंड में जड़े 3 थप्पड़, बैरिकेडिंग हटाने को लेकर हुई मारपीट GSVM मेडिकल कॉलेज से संबद्ध हैलट अस्पताल में बैरिकेडिंग हटाने को लेकर जूनियर डॉक्टरों और सुरक्षा गार्डों के बीच मारपीट हो गई। शुक्रवार रात हुई इस घटना के बाद अस्पताल परिसर में अफरा-तफरी का माहौल बन गया। चश्मदीदों के मुताबिक, गेट पर गार्ड आकाश की ड्यूटी लगी हुई थी। तभी एक जूनियर डॉक्टर एक महिला के साथ स्कूटी अंदर लेकर जाने के लिए कहा तो गार्ड ने इमरजेंसी की तरफ निर्माणधीन बिल्डिंग में काम होने के कारण स्कूटी लेकर जाने से रोक दिया। जिसके बाद जूनियर डॉक्टर अपने साथ कई और जूनियर डॉक्टर लेकर आया और गार्ड आकाश के साथ मारपीट शुरू कर दी। पढ़ें पूरी खबर…
कानपुर में होली का त्योहार नजदीक आते ही रेलवे स्टेशन पर भारी भीड़ हो रही है। यात्री जमीन से लेकर टॉयलेट में बैठकर सफर कर रहे हैं। स्टेशन पर ट्रेन में चढ़ने के लिए यात्री जद्दोजहद कर रहे हैं। हालांकि रेलवे ने कानपुर से 61 होली स्पेशल ट्रेनें चलाई हैं। ये ट्रेनें कानपुर अनवरगंज, गोविंदपुरी होती हुई गुजरती हैं। कानपुर सेंट्रल रेलवे स्टेशन से 3 लाख से अधिक यात्रा कर रहे है। दिल्ली, गुजरात, मुंबई, राजस्थान से आने वाली ट्रेनों में भारी भीड़ चल रही हैं। जम्मू से हावड़ा जाने वाली ट्रेन में लोग चढ़ने के लिए झगड़ते हुए दिखाई दिए। कानपुर सेंट्रल से प्रति दिन 275 से अधिक ट्रेन गुजरती हैं। इनमें प्रतिदिन चलने वाली ट्रेनें फुल चल रही हैं। स्पेशल ट्रेनों में यात्रियों को टिकट नहीं मिल पा रही है। 2 तस्वीरें देखिए… कुछ ऐसा दिखाई दिया ट्रेनों का हाल नॉर्थ ईस्ट एक्सप्रेस, कालका मेल, जोगबनी, अजमेर सियालदह एक्सप्रेस प्रमुकह रूप से फुल दिखाई दी। इन ट्रेनों के कोच के अंदर कैदखाना बना हुआ नजर आया। स्लीपर और जनरल कोच की बात करें तो ऊपर वाली सीटों पर कुछ यात्री लटके हुए दिखाई दिए। यात्री एक बार अंदर घुसने के बाद बाहर आने की हिम्मत नहीं जुटा पा रहा था। ट्रेनों में टॉयलेट जाने के लिए लोग परेशान दिखाई दिए, क्योंकि यात्री टॉयलेट में सफर करते हुए नजर आए। स्टेशन पर GRP और RPF करती रही गश्त कानपुर सेंट्रल रेलवे स्टेशन पर जीआरपी और आरपीएफ की टीम ने संयुक्त रूप से सघन चेकिंग अभियान चलाया। संदिग्धों की जांच पड़ताल की गई। रेल यात्रियों की सुरक्षा और अपराधिक घटनाओं की रोकथाम के लिए यह अभियान वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देशन में चलाया गया। पुलिस टीम ने स्टेशन परिसर, सर्कुलेटिंग एरिया, पार्सल घर, वेटिंग हॉल, प्लेटफॉर्म, पार्किंग स्थल और फुटओवर ब्रिज सहित विभिन्न स्थानों पर संदिग्ध व्यक्तियों और सामान की गहन जांच की।
खाद्य सुरक्षा विभाग ने कामवन में चलाया अभियान:4 डेयरियों से लिए पनीर के सैंपल, जांच को भरतपुर भेजे
कस्बा कामवन में खाद्य सुरक्षा विभाग ने कार्रवाई करते हुए 4 पनीर डेयरियों से नमूने लिए। अभियान का उद्देश्य त्योहारों के सीजन में मिलावट रोकना था। खाद्य सुरक्षा एवं औषधि नियंत्रण आयुक्त डॉ. टी. शुभ मंगला, सीएमएचओ डॉ. विजय सिंघल के निर्देशन में खाद्य सुरक्षा अधिकारी नरेन्द्र सिंह ने खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम- 2006 के तहत कार्रवाई की। कार्रवाई के दौरान केपी ड्रेन स्थित चौधरी मिल्क डेयरी, भोजन थाली रोड स्थित ओम मिल्क प्रोडक्ट और श्रीराम मिल्क प्रोडक्ट तथा जुरहरा रोड स्थित राहुल डेयरी से पनीर के नमूने लिए गए। नमूनों को जांच के लिए प्रयोगशाला भरतपुर भेजा है। रिपोर्ट आने के बाद नियमानुसार अग्रिम कार्रवाई की जाएगी। भास्कर इनसाइट कामवन से अन्य राज्यों में होता है पनीर सप्लाई एनसीआर से सटे कामवन क्षेत्र में करीब 40 से 45 पनीर डेयरियां संचालित हैं, जहां से बड़ी मात्रा में पनीर की सप्लाई दिल्ली की जाती है। स्थानीय स्तर पर दूध उत्पादन कम होने के बावजूद प्रतिदिन 100 से 150 क्विंटल तक पनीर तैयार किए जाने की चर्चा है। सूत्रों के अनुसार कुछ डेयरियों में अधिक उत्पादन के लिए दूध पाउडर, सोया ऑयल और अन्य रसायनों के इस्तेमाल की आशंका जताई जाती रही है।
तारीख 24 फरवरी 2026। मध्य प्रदेश विधानसभा में नगरीय आवास एवं विकास विभाग की अनुदान मांगों पर चर्चा हो रही थी। इस चर्चा के दौरान कांग्रेस के वरिष्ठ विधायक डॉ. राजेंद्र कुमार सिंह ने कहा- अध्यक्ष महोदय, हमारी यह मंशा नहीं थी, हम तो कह रहे थे कि सदन में जो कबूतर उड़ रहा है, वह भी हमें कुछ सिखाने के लिए आया है। इस पर नगरीय प्रशासन मंत्री कैलाश विजयवर्गीय बोले- अध्यक्ष महोदय, मुझे पता नहीं है, इतने समय से, इतने साल से सदन चल रहा है, आज ही कबूतर क्यों आया। यह दिल्ली से तो नहीं आया( हंसी) मैंने पहली बार अंदर कबूतर देखा है। कैलाश विजयवर्गीय ने भले ही ये बात हंसी मजाक में कही हो मगर विधानसभा के बजट सत्र के दौरान कैलाश बनाम सरकार का जो सियासी घमासान देखने को मिला, उसने जरूर दिल्ली के कान खड़े कर दिए। विधानसभा का बजट सत्र खत्म होने के बाद 28 फरवरी को मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव दिल्ली पहुंचे, जबकि उनका ऑफिशियल कार्यक्रम श्योपुर का था। दिल्ली में वो केंद्रीय मंत्री अमित शाह के अलावा राष्ट्रीय संगठन महामंत्री बीएल संतोष से मिले। विजयवर्गीय और पटेल को दिल्ली से आया बुलावासीएम की इन दोनों नेताओं से मुलाकात के बाद अमित शाह के दफ्तर से कैलाश विजयवर्गीय को दिल्ली पहुंचने का संदेश मिला। इसके बाद वो इंदौर से रवाना हुए। ऐसा ही संदेश सीनियर मंत्री प्रहलाद पटेल को भी मिला था। सूत्रों का और जानकारों का कहना है कि विधानसभा सत्र के दौरान कैलाश विजयवर्गीय के जो तेवर दिखे हैं और उन्होंने जो बयान दिए हैं। कहीं न कहीं उसने पार्टी को असहज किया है। ये मुलाकात इसलिए थी। दरअसल, पिछले साल भागीरथपुरा दूषित पानी मामले के बाद से ही कैलाश विजयवर्गीय के तेवर सरकार की कार्यप्रणाली को लेकर तल्ख थे। मप्र और छत्तीसगढ़ के क्षेत्रीय संगठन महामंत्री अजय जामवाल इस पर नजर रखे हुए थे। सत्र के दौरान तो विजयवर्गीय के तल्ख तेवर की वजह से सीएम को सदन में माफी भी मांगना पड़ी। आखिर वो कौन से बयान थे जिनकी वजह से सरकार असहज हुई? कैलाश के तेवर अचानक बदले? या फिर भागीरथपुरा कांड के बाद वो जिस तरह से सरकार के रवैये से नाराज दिखे, ये उसका नतीजा था। या फिर बीजेपी के सीनियर मंत्री अब सरकार बनने के ढाई साल बाद खुद को जूनियर मुख्यमंत्री के साथ काम करने में असहज महसूस कर रहे हैं। इन सब सवालों को लेकर भास्कर ने एक्सपर्ट से बात की। पढ़िए रिपोर्ट इन बयानों के बारे में सिलसिलेवार जानिए दरअसल, ये बयान कैलाश विजयवर्गीय ने हंसी मजाक के लहजे में दिया था। हालांकि इस चर्चा के दौरान सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच राजनीतिक तल्खी भी देखने को मिली थी। भोपाल उत्तर के विधायक आतिफ अकील और बड़वानी के विधायक राजन मंडलोई ने ध्यानाकर्षण के जरिए मुद्दा उठाया था। भोपाल में डॉग बाइट के रोजाना 40 से 50 मामले और साल 2025 में 19 हजार दर्ज मामलों का हवाला देते हुए विपक्ष ने सरकार को कटघरे में खड़ा किया। ये भी आरोप लगाया था कि राजधानी में हर साल करीब 2 करोड़ रुपए नसबंदी और वैक्सीनेशन पर खर्च किए जा रहे हैं, लेकिन सड़कों पर हालात में कोई खास सुधार नजर नहीं आता। नगरीय विकास एवं आवास मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने जवाब देते हुए कुत्ता की जगह श्वान शब्द का उपयोग किया और उन्हें इंसानों का पुराना दोस्त बताया। कांग्रेस विधायक भंवर सिंह शेखावत ने उन्हें कुत्तों का प्रभारी मंत्री कह दिया तो इस पर सत्ता पक्ष ने आपत्ति जताई। कैलाश विजयवर्गीय ने भी तंज कसते हुए कहा कि सारे कुत्तों से मुझे ही निपटना पड़ता है। कैलाश ने नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार को औकात में रहने की सलाह इसलिए दी क्योंकि चर्चा में अडानी समूह का नाम आ गया था। दोनों के बीच इतनी तीखी बहस हुई कि सदन की कार्यवाही तीन बार स्थगित करना पड़ी। कांग्रेस ने इसे आदिवासी का अपमान बताकर जमकर नारेबाजी की। दरअसल, राज्यपाल के अभिभाषण पर चर्चा के दौरान सिंघार ने आरोप लगाया कि सरकार अडानी समूह पर मेहरबान है। उन्हें सवाल लाख करोड़ रुपए देने की तैयारी है। सिंघार ने दावा कि कि सरकारी फाइलें अडानी के दफ्तर में देखी जा रही है। इस पर मंत्री विश्वास सारंग ने आपत्ति जताई कि जो व्यक्ति सदन का सदस्य नहीं है उसका नाम न लिया जाए। सिंघार बोले- उनके पास इस बात के प्रमाण हैं, तो विजयवर्गीय बोले- है तो रखो। इसी के बाद विजयवर्गीय ने सिंघार को अपनी औकात में रहने की नसीहत दी। जवाब में सिंघार ने कहा- मैं तुम्हें औकात दिखा दूंगा। हालांकि इस बयान पर सीएम ने माफी मांगी। तो कैलाश ने कहा कि सीएम कैप्टन है माफी मांगी तो क्या गलत हुआ। दरअसल, कांग्रेस इंदौर के भागीरथपुरा में दूषित मौतों के मामले में स्थगन प्रस्ताव लेकर आई थी। स्थगन प्रस्ताव स्वीकार किया जाए या नहीं इसे लेकर चर्चा शुरू हुई। कैलाश विजयवर्गीय ने कहा कि भागीरथपुरा का इलाका मुंबई के धारावी जैसा है। यह 80-90 साल पुरानी बस्ती है। वहां कुछ अशिक्षित लोग रहते हैं, जिससे नगर निगम के लिए हर दृष्टि से व्यवस्थित काम करना कठिन हो जाता है। इन हालात में कर्मचारी भी प्रॉपर काम नहीं कर पाते थे। उन्होंने घटना को कलंक और व्यक्तिगत आत्मग्लानि का विषय बताया। उन्होंने अफसरों की गलती मानी और ये भी कहा कि कांग्रेस का धरना प्रदर्शन गलत था। जहां मलहम की जरूरत थी वहां लाशों पर राजनीतिक रोटियां सेंकी गईं। इस पर नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि वो संवेदना व्यक्त करने गए थे राजनीति करने नहीं। इसी चर्चा के दौरान नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने ये आरोप लगाया कि मंत्री जी भागीरथपुरा की घटना को लेकर कलंक और आत्मग्लानि बता रहे हैं, लेकिन उन्हें पता ही नहीं कि कितनी मौतें हुई हैं। सरकार 20 मौतें बता रही, हकीकत में मीडिया 35 मौतें बता चुका। जयवर्धन सिंह ने भी कहा कि उन्होंने इसी सत्र में स्वास्थ्य मंत्री से सवाल पूछा तो उन्होंने मौतों के अलग-अलग आंकडे पेश किए। सरकार बताना नहीं चाहती कि कितनी मौतें हुई है। सदन में इसे लेकर जोरदार बहस हुई। इसके बाद विधानसभा अध्यक्ष नरेंद्र सिंह तोमर के कमरे में कैलाश विजयवर्गीय ने प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल की मौजूदगी में कहा कि अफसर उनके खिलाफ साजिश कर रहे हैं। उन्हें मौतों के आंकड़े सही नहीं बताए गए। अफसरों की वजह से विपक्ष को उन्हें घेरने का मौका मिला। सूत्र बताते हैं कि विधानसभा अध्यक्ष ने एसीएस संजय दुबे को चेंबर में बुलाया और पूछा कि ऐसा जवाब क्यों लिखा? कैलाश विजयवर्गीय बोले की जिसने जवाब बनाया उसे सस्पेंड करिए। संजय दुबे ने कहा कि मेरे ही साइन से जवाब आया है तो मुझे ही सस्पेंड कर दीजिए। उन्होंने ये भी कहा कि जवाब गलत नहीं है। भागीरथपुरा में 20 मौतें हुई है और बाकी मौतें उस टाइम पीरियड में हुई लेकिन दूषित पानी से नहीं हुई। कैलाश ने मेट्रो और दो बड़े शहरों के मास्टर प्लान को लेकर सरकार की मंशा पर सवाल खड़े किए। दरअसल, नगरीय विकास एवं आवास विभाग की अनुदान मांगों पर चर्चा के दौरान भोपाल और इंदौर के मास्टर प्लान को लेकर नेता प्रतिपक्ष ने तंज कसा और पूछा कि ड्राफ्ट क्या बैलगाड़ी से आ रहा है, इतनी देरी क्यों हो रही है? इस पर नगरीय प्रशासन मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने जवाब दिया कि विभाग डेढ़ साल पहले ही मास्टर प्लान का ड्राफ्ट तैयार कर मुख्यमंत्री को भेज चुका है। इसे जारी करना मुख्यमंत्री का अधिकार है। उनकी मंजूरी का इंतजार है। दरअसल, चर्चा की शुरुआत करते हुए कांग्रेस विधायक जयवर्धन सिंह ने सवाल किया था और कहा कि भोपाल का मास्टर प्लान 20 साल पहले खत्म हो गया है। अब तक नया प्लान नहीं बना है। कैग भी आपत्ति ले चुका है। कैलाश ने ये भी कहा कि मुख्यमंत्री से 3-4 बार इस पर बात हुई है, उनका कहना कि मेट्रोपॉलिटन प्लान के हिसाब से इसे री-कंसीडर करना पड़ेगा। वे कहेंगे तो ड्राफ्ट दोबारा बनवाएंगे। इसी तरह मेट्रो को लेकर भी जवाब दिया। केंद्रीय मंत्री शाह नेताओं से अलग अलग समय पर मिलेशुक्रवार को विधानसभा का बजट सत्र खत्म होने के बाद कैलाश विजयवर्गीय इंदौर चले गए। इधर मुख्यमंत्री मोहन यादव और प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल भी दिल्ली रवाना हो गए। सूत्र बताते हैं कि शुक्रवार रात को इंदौर में कैलाश विजयवर्गीय एक कार्यक्रम में थे तभी उन्हें अमित शाह के दफ्तर से कॉल किया और शनिवार सुबह मिलने के बुलाया। कैलाश जिस कार्यक्रम में थे उससे जल्द ही फारिग होकर देर रात की फ्लाइट से दिल्ली रवाना हो गए। शनिवार को वे अमित शाह से मिले। इससे पहले मुख्यमंत्री शाह से मिल चुके थे। हालांकि दोनों ही नेताओं ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर तस्वीरें साझा करते हुए लिखा कि समसामयिक मुद्दों पर केंद्रीय मंत्री से बात हुई। अमित शाह ने प्रदेश अध्यक्ष खंडेलवाल से भी मुलाकात की, लेकिन अलग से। दूसरी तरफ राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन से हेमंत खंडेलवाल और मुख्यमंत्री दोनों एक साथ मिले। अमित शाह ने न केवल कैलाश को बुलाया था बल्कि प्रहलाद पटेल से भी वे मिले। ऐसे में शीर्ष नेताओं का दिल्ली में होना और केंद्रीय मंत्री से अलग-अलग मुलाकात करने से एमपी की सियासत गर्मा गई। कई तरह से कयास लगाए जाने लगे। सूत्रों का कहना है कि विधानसभा में हुई गहमागहमी के बाद से ही दोनों नेताओं को दिल्ली बुलाया गया था। एक्सपर्ट बोले- काफी दिनों का दर्द अब सार्वजनिक हुआअब विधानसभा में हुए इस पूरे एपिसोड को लेकर एक्सपर्ट का कहना है कि सीनियर मंत्रियों का काफी दिनों का दर्द अब जाकर सार्वजनिक रूप से छलका है। वरिष्ठ पत्रकार और राजनीतिक विश्लेषक एन के सिंह कहते हैं कि जब से प्रदेश में मोहन यादव की सरकार बनी है। तभी से कई वरिष्ठ मंत्रियों को, जो पार्टी में ओहदे और अनुभव में सीनियर रहे हैं। उन्हें अपने जूनियर साथी के हाथ के नीचे काम करना पड़ रहा है। ये सीनियर मंत्रियों के लिए पीड़ा दायक है और ये दर्द अब छलक रहा है। वे कहते हैं कि विधानसभा में हमने देखा कि दोनों पक्ष यानी एक विपक्ष और दूसरा सरकार के भीतर कैलाश के खिलाफ काम करने वाला पक्ष, दोनों ही अब सार्वजनिक तौर पर गुत्थम गुत्था नजर आ रहे हैं। दोनों को जानबूझकर इग्नोर किया जा रहाअगले साल लोकल बॉडी इलेक्शन है। नगरीय प्रशासन और पंचायत दोनों ही विभाग सीनियर मंत्रियों के पास है। जिस तरह से तल्खी सामने आई है तो क्या इसका असर चुनाव पर पड़ेगा? इस सवाल का जवाब देते हुए एनके सिंह कहते हैं कि दोनों वरिष्ठ मंत्री हैं। दोनों की पृष्ठभूमि साफ सुथरी रही है। दोनों ही राजनीति के मंझे खिलाड़ी है। मुझे नहीं लगता कि इलेक्शन में वो पार्टी को नुकसान पहुंचाएंगे। दोनों इस हद तक भी नहीं जाएंगे कि हाईकमान उनके खिलाफ एक्शन लेने के लिए मजबूर हो जाए। वे कहते हैं कि इंदौर में कार्यकर्ताओं और नेताओं से बात करने पर इसकी असली जड़ समझ आएगी। कैलाश को इंदौर की ही पॉलिटिक्स में इग्नोर किया जा रहा है। इससे पहले ऐसा नहीं होता था। कोई भी मुख्यमंत्री रहा हो वो इंदौर को कैलाश विजयवर्गीय को हवाले छोड़ देते थे। प्रहलाद पटेल अपने लिए स्वतंत्र रहते थे।
गोरखपुर में CMO बनकर मांगे पैसे:घबरा गया मेडिकल स्टोर संचालक, अधिकारी से की शिकायत, FIR दर्ज
गोरखपुर में साइबर जालसाजी का एक मामला सामने आया है। जालसाज ने मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. राजेश झा बनकर एक मेडिकल संचालक से रुपये मांगने की कोशिश की। संचालक को बातचीत के दौरान संदेह हुआ तो उसने सीधे सीएमओ से संपर्क कर शिकायत की।इसके बाद पूरे मामले का खुलासा हुआ। सीएमओ ने कैंट थाने में अज्ञात के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया है। पुलिस पूरे मामले की जांच पड़ताल कर रही है। सीएमओ ने तहरीर देकर मुकदमा दर्ज करायासीएमओ डॉ. राजेश झा की तहरीर के अनुसार, मोबाइल नंबर 8419022640 से अज्ञात व्यक्ति विभिन्न लोगों को फोन कर खुद को डॉ. राजेश झा बताते हुए धन की मांग कर रहा था। सीएमओ ने स्पष्ट किया कि यह नंबर उनका नहीं है और उनके नाम का दुरुपयोग कर साइबर फ्रॉड का प्रयास किया जा रहा है। मामले को गंभीरता से लेते हुए पुलिस ने तत्काल केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी। जांच में सामने आया कि जिस नंबर से कॉल की जा रही थी। वह लखीमपुर खीरी निवासी एक व्यक्ति के नाम पर पंजीकृत है। हालांकि, तकनीकी सर्विलांस में पता चला है कि वर्तमान यह नम्बर महाराष्ट्र में चल रहा है। पुलिस का कहना है कि अब तक किसी से रुपये ठगे जाने की पुष्टि नहीं हुई है, लेकिन धन उगाही का प्रयास स्पष्ट है। सीओ कैंट के मुताबिक, आरोपी की तलाश के लिए टीम गठित कर दी गई है। साइबर सेल की मदद से कॉल डिटेल रिकॉर्ड, सिम पंजीकरण की जांच की जा रही है। पुलिस का कहना है कि जल्द ही आरोपी की पहचान कर गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
यूनेस्को की विश्व धरोहर में शामिल बरेली की ऐतिहासिक रामलीला के तहत आज, 2 मार्च को भव्य राम बारात निकाली जाएगी। 166 वर्षों की गौरवशाली परंपरा को संजोए यह बारात सुबह 10 बजे बमनपुरी स्थित नृसिंह मंदिर से शुरू होगी। इस बार ग्रहण के चलते तिथि में विशेष बदलाव किया गया है। शाम 7 बजे तक पूरे शहर का भ्रमण कर यह शोभायात्रा वापस मंदिर पहुंचेगी। सुरक्षा के ऐसे कड़े इंतजाम हैं कि पुलिस, पीएसी और पैरा मिलिट्री फोर्स के जवान भी रामभक्ति के रंग में रंगे नजर आएंगे। 50 हजार भक्त और पंपों से 'रंगीन मोर्चेबंदी'बरेली की इस ऐतिहासिक राम बारात का दृश्य किसी अलौकिक उत्सव से कम नहीं होता, जहाँ भक्ति और होली के हुड़दंग का अनूठा संगम देखने को मिलता है। आज बारात में 50 हजार से अधिक श्रद्धालुओं का सैलाब उमड़ने की उम्मीद है। शोभायात्रा में 100 से अधिक झांकियां शामिल होंगी, जिनमें मुख्य आकर्षण वह रथ होगा जिस पर भगवान श्रीराम, लक्ष्मण, माता सीता विराजमान होंगे। इस बारात की सबसे रोमांचक परंपरा इसकी 'रंगीन मोर्चेबंदी' है; जहाँ हुरियारे पीतल के पंपों से रंगों की ऐसी बौछार करते हैं कि पूरा आसमान सतरंगी हो जाता है। राम बारात का रूट मैप: इन रास्तों से गुजरेगा कारवांऐतिहासिक राम बारात आज सुबह 10 बजे बड़ी बमनपुरी स्थित नृसिंह मंदिर से पारंपरिक पूजन के साथ शुरू होकर मलूकपुर, बिहारीपुर ढाल और कुतुबखाना पहुँचेगी। इसके बाद घंटाघर, नावेल्टी चौराहा और बरेली कॉलेज गेट होते हुए भक्त कालीबाड़ी पहुँचेंगे। बारात का भव्य स्वागत श्यामगंज चौराहा, साहू गोपीनाथ, मठकी चौकी और शिवाजी मार्ग पर होगा। यहाँ से कारवां पुनः कुतुबखाना चौराहा और बड़ा बाजार की ओर मुड़ेगा। अंतिम चरण में किला चौराहा और सिटी सब्जी मंडी होते हुए करीब 9 घंटे के भ्रमण के बाद शाम 7 बजे बारात वापस नृसिंह मंदिर पर संपन्न होगी। यूनेस्को की विश्व धरोहर: 1861 से जारी है सफरबरेली की ऐतिहासिक रामलीला को वर्ष 2008 में यूनेस्को की 'मानवता की अमूर्त सांस्कृतिक विरासत' की सूची में शामिल किया गया था। यह देश की इकलौती ऐसी लीला है जो शरद ऋतु के बजाय फाल्गुन (होली) के महीने में आयोजित होती है। यूनेस्को ने इसकी सांस्कृतिक निरंतरता, सामुदायिक एकता और जीवंत विरासत को देखते हुए इसे यह वैश्विक सम्मान दिया है। आज का यह आयोजन उसी 166 साल पुराने गौरवशाली इतिहास का हिस्सा है। यूनेस्को की विश्व धरोहर का 19 दिवसीय उत्सवबरेली की यह रामलीला केवल एक धार्मिक आयोजन नहीं, बल्कि 1861 से चली आ रही एक जीवंत परंपरा है। इसे यूनेस्को (UNESCO) ने अपनी विश्व धरोहर (अमूर्त सांस्कृतिक विरासत) की सूची में स्थान दिया है। ब्रिटिश काल में सांप्रदायिक सौहार्द बनाए रखने के लिए शुरू हुई यह 'चलती-फिरती' रामलीला देश की इकलौती ऐसी लीला है जो शरद ऋतु के बजाय फाल्गुन (होली) के महीने में आयोजित होती है। इस वर्ष हम इसका 166वां वार्षिकोत्सव मना रहे हैं। लीला का पूरा शेड्यूल: 25 फरवरी से 16 मार्च तकबड़ी बमनपुरी स्थित नृसिंह मंदिर इस भव्य आयोजन का मुख्य केंद्र है। कार्यक्रम की रूपरेखा इस प्रकार है:लीला का कार्यक्रम इस प्रकार है:25 फरवरी: श्रीगणेश पूजन और भव्य पताका यात्रा (नृसिंह मंदिर)।26 फरवरी: नारद मोह और राम जन्म की लीला।27 फरवरी: सीता जन्म, विश्वामित्र आगमन और ताड़का-सुबाहु वध।28 फरवरी: अहिल्या उद्धार और नगर दिखावा (फूल बगिया)।01 मार्च: भव्य धनुष यज्ञ।02 मार्च (राम बारात): सुबह 10 बजे से शाम 6 बजे तक प्रभु राम की भव्य बारात निकलेगी।03 - 05 मार्च: भजन संध्या, नृसिंह भगवान शोभायात्रा, राम विवाह और भावुक कर देने वाला राम वनवास प्रसंग।06 - 09 मार्च: निषाद गंगाघाट शोभायात्रा, दशरथ मरण, भरत मिलाप और सीता हरण की लीलाएं।10 - 12 मार्च: लंका दहन, अंगद-रावण संवाद और मेघनाथ वध।13 मार्च (रावण वध): अधर्म पर धर्म की विजय का पर्व 'दशहरा' मनाया जाएगा।14 मार्च (श्री राम शोभा यात्रा): साहूकारा में ऐतिहासिक भरत मिलाप का आयोजन।15 मार्च: प्रभु श्रीराम का भव्य राज्याभिषेक। राम बारात और शोभा यात्रा का रूट (मार्ग)बरेली के मुख्य मार्गों से गुजरने वाली यह यात्राएं आकर्षण का केंद्र रहेंगी:प्रस्थान: नृसिंह मंदिर, मलूकपुर।मुख्य मार्ग: बिहारीपुर ढाल, कुतुबखाना, घंटाघर, नावेल्टी चौराहा, बरेली कॉलेज गेट, कालीबाड़ी, श्यामगंज, साहू गोपीनाथ, मठकी चौकी, शिवाजी मार्ग।वापसी मार्ग: बड़ा बाजार, किला चौराहा, सिटी सब्जी मंडी और जसौली होते हुए पुनः नृसिंह मंदिर पर समापन।विशेष: 14 मार्च को साहूकारा में होने वाला 'भरत मिलाप' इस पूरी यात्रा का सबसे भावुक और महत्वपूर्ण हिस्सा होगा।लीला स्थल: बड़ी बमनपुरीइस ऐतिहासिक आयोजन की सभी मुख्य लीलाएं बड़ी बमनपुरी में आयोजित की जा रही हैं, जो वर्षों से इस सांस्कृतिक धरोहर का केंद्र रहा है।
कैथल में अनुशासन की एवं नियमों की अवहेलना करने के आरोप में बर्खास्त किए गए हेड कांस्टेबल सुनील संधू के समर्थन में लोग धड़ल्ले से सोशल मीडिया पर पोस्ट डाल रहे हैं। पोस्टों में संधू के लिए न्याय की अपीलें की जा रही हैं। कैथल के गांव सीनंद के रहने वाले एक युवक मनीष ने संधू के समर्थन में एक गाना भी बनाया है। वहीं इस मामले पर राज्यसभा सांसद रणदीप सिंह सुरजेवाला पहले ऐसे राजनीतिक चेहरे के रूप में सामने आए हैं, जिन्होंने ट्विटर पर पोस्ट कर संधू का समर्थन किया है। सुनील संधू ने भी बर्खास्तगी के बाद एक और नई पोस्ट फेसबुक पर डाली है। संधू की एक और पोस्ट अपनी पोस्ट में सुनील संधू ने लिखा है कि भगत सिंह का वंशज हूं और डॉ. भीम राव अंबेडकर के द्वारा बनाए गए संविधान में आस्था रखता हूं। महाराणा प्रताप, वीर शिवाजी और गुरु गोबिंद जी जैसी महान आत्माओं से प्रेरणा मिलती है। न्याय की मशाल लेकर निकला था, पर मुझे क्या पता था कि व्यवस्था के अंधेरे इतने गहरे हैं कि यहां सूरज भी सरकारी इजाजत के बिना नहीं उगता। किसी को उनसे मिलना है तो डिफेंस कॉलोनी गली नंबर 9 एड्रेस है। संधू ने लिखा कि भगवान मौका देगा बात करूंगा। पिछले कई दिनों से आपने बहुत कॉल किए। मैं रिप्लाई नहीं कर पाया। उसके लिए मजबूरी थी। ईमानदारी, सच्चाई, जमीर जिंदा रखने की इस मुसीबत की घड़ी में हर उस भगवान रूपी इंसान का कर्जदार हूं जिसने इस बुरे वक्त में मेरे लिए दुआएं की और मेरे परिवार का हौसला बढ़ाया। हरियाणा, पंजाब, भारत के निवासियों का कर्जदार रहूंगा। सदा आपका दिल से धन्यवाद। देखने और सुनने में आया कुछ असामाजिक तत्व जात, बिरादरी भाईचारा खराब करने की कोशिश कर रही हैं। उनसे सावधान रहना। सुनील संधू बर्खास्त हरियाणा पुलिस…. सुरजेवाला ने रखा पक्ष इस संबंध में राज्यसभा सांसद एवं कांग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव रणदीप सिंह सुरजेवाला ने बर्खास्त पुलिसकर्मी सुनील संधू के समर्थन में सोशल मीडिया पर खुलकर पक्ष रखा है। उन्होंने अपने आधिकारिक फेसबुक पेज व ट्विटर पर पोस्ट साझा करते हुए कहा कि सुनील संधू न केवल एक जिम्मेदार पुलिसकर्मी रहे हैं, बल्कि नशा मुक्त हरियाणा सहित अन्य सामाजिक अभियानों में भी लगातार सक्रिय भूमिका निभाते रहे हैं। सुरजेवाला ने अपने पोस्ट में लिखा कि भाजपा सरकार द्वारा बिना किसी जांच के सुनील संधू को बर्खास्त करना सरासर अन्यायपूर्ण है। उन्होंने इसे लोकतांत्रिक मूल्यों के खिलाफ बताते हुए कहा कि यह कदम दर्शाता है कि हरियाणा में अब नौकरी के साथ सामाजिक भागीदारी के लिए भी कोई स्थान नहीं छोड़ा जा रहा। उन्होंने सरकार से निर्णय पर पुनर्विचार करने और निष्पक्ष जांच की मांग की है। सीनंद के मनीष ने गाया समर्थन में गाना सुनील संधू के समर्थन में कैथल के गांव सीनंद के युवक मनीष ने एक गाना भी गाया है। गाने के बोल हैं.. सुनील संधू दुनिया फैन या होरी तेरे नाम की, उस मांग नै मैं नमन करूं, जिस मां नै यो शेर जना, जरूरतमंद लोगां की खात्तर, सुनील सै रब की मेहर बना। इस बारे में जब मनीष से बातचीत की गई तो उसने बताया कि सुनील की सामाजिक कार्यों से प्रेरित होकर उन्होंने ये गाना लिखा और गाया है। सुनील ने वर्दी को धूमिल नहीं बल्कि उसे सेवा कार्यों के जरिए चमकाया है। ये है मामला बता दें कि, हरियाणा के कैथल में तैनात हेड कॉन्स्टेबल सुनील संधू को बर्खास्त कर दिया गया है। SP उपासना ने बताया था कि सुनील संधू ने DSP पर धमकाने के आरोप लगाए थे। उन्हें इसकी शिकायत उच्च अधिकारियों को करने के बजाए सोशल मीडिया पोस्ट की। इससे पुलिस विभाग की छवि खराब हुई। दूसरा, सुनील संधू नशा मुक्ति अभियान के दौरान नशे के साथ आरोपियों को पकड़ने के वीडियो अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर डालते थे, जो कि नियमों के खिलाफ है। अनुशासनहीनता को लेकर सुनील संधू पर कार्रवाई की गई है। सुनील ने डीएसपी पर धमकी का आरोप लगाया था 23 फरवरी को सुनील संधू ने फेसबुक पोस्ट कर कलायत DSP ललित यादव पर नशे के झूठे केस में फंसाने की धमकी देने के आरोप लगाए थे। संधू की इस पोस्ट के बाद SP उपासना सिंह ने गुहला DSP कुलदीप बेनीवाल को जांच सौंपी थी। इस विवाद के बाद 2 दिन पहले ही सुनील संधू समेत नशा मुक्ति टीम के 9 सदस्यों को लाइन हाजिर किया गया था। जिला पुलिस मुख्यालय की तरफ से कहा गया कि इन पुलिसकर्मियों ने अनुशासन और नियमों का पालन नहीं किया। अब सुनील को बर्खास्त किया गया है।
प्रगतिशील किसान:तापमान 28 डिग्री से नीचे रखकर कमरे में उगाई मशरूम, लागत सिर्फ 19 हजार रुपए
नीमकाथाना के पवन बराला क्षेत्र के युवा किसानों के लिए मिसाल बन रहे हैं। पवन ने आईटीआई और पॉलिटेक्निक कोर्स करने के बाद 8 माह तक एक कंपनी में नौकरी की लेकिन बेहतर भविष्य नजर नहीं आया। आखिर नौकरी छोड़कर खेती की राह पकड़ी। वह क्षेत्र में पहली बार फ्लोरिडा ऑयस्टर मशरूम उगाने में सफल हुए हैं। पवन बताते हैं, मुझे कृषि विभाग की आत्मा परियोजना के तहत दो दिन उन्नत कृषि फार्म के भ्रमण करने का अवसर मिला था। इस दौरान विभिन्न नवाचार देखे तो मशरूम की खेती करने का फैसला किया। सीकर में एक सप्ताह का प्रशिक्षण लेने के बाद नीमकाथाना गणेश्वर रोड स्थित बृसिंह का बास में अपने खेत पर पहले अश्वगंधा की खेती शुरू की। बीस हजार रुपए का नुकसान हुआ मगर हिम्मत नहीं हारी। इस साल 10 जनवरी से फ्लोरिडा ऑयस्टर मशरूम की शुरुआत की। इसके लिए 2512 फीट में अस्थाई रूप से कमरे तैयार किए। इसमें बड़ी समस्या यहां ज्यादा गर्मी ही है। इसलिए ऐसी बनावट रखी कि तापमान 30 डिग्री से कम रहे। इससे पारा 20 से 28 डिग्री तक रहा। इसके लिए 24 घंटे निगरानी जरूरी है। अब भी रोज 4 से 6 घंटे देखभाल में लग रहे हैं। अब तक इस खेती पर महज 19 हजार रुपए खर्च हुए हैं। यानी इतनी सी लागत से एक माह में उत्पादन लेना शुरू कर दिया। पवन ने बताया कि मशरूम की खेती कम लागत में अधिक लाभ देने वाली है। प्रोटीन और फाइबर होने से इसकी अच्छी मांग भी रहती है। कोई किसान कृषि विभाग को प्रस्ताव दे तो राज्य उद्यान विकास समिति से स्वीकृति मिलने के बाद लागत का 40% अनुदान दिया जाता है। हालांकि तकनीकी ज्ञान बहुत जरूरी है क्योंकि तापमान नियंत्रित करना पड़ता है। साफ वातावरण में यह खेती सालभर की जा सकती है। कृषि विभाग प्रशिक्षण और मार्गदर्शन देता है। पवन ने बताया, मैंने 15 किलो बीज से 114 पैकेट तैयार किए। ये बीज हिमाचल प्रदेश के सोलन से 5200 रुपए में मंगवाए थे। प्रत्येक पैकेट में करीब 3 किलो उत्पादन क्षमता है। ताजा मशरूम स्थानीय बाजार में 380 रुपए किलो बिकता है। ड्राई मशरूम 1280 रुपए प्रति किलो तक ऑनलाइन बिक्री के लिए तैयार किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि अब दोस्त कुंदन सैनी और सोनू शर्मा के सहयोग से 114 की जगह 6500 पैकेट तैयार करने का लक्ष्य है।
हिन्दू नववर्ष की पूर्व संध्या पर निकलेगी वाहन रैली
सागर। प्रतिवर्ष की भांति इस वर्ष भी हिन्दू नववर्ष की पूर्व संध्या पर वाहन रैली निकाली जाएगी। कार्यक्रम को लेकर रविवार को पहलवान बब्बा मंदिर प्रांगण में एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई, जिसमें आयोजन की विस्तृत रूपरेखा पर चर्चा हुई। सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया कि 18 मार्च को रैली खेल परिसर के बाजू वाले मैदान से प्रारंभ होकर शहर के प्रमुख मार्गों से होती हुई सदर क्षेत्र कैंट थाना के पीछे स्थित सरस्वती शिशु मंदिर प्रांगण में सम्पन्न होगी। बैठक में उपस्थित सनातन बंधुओं ने आयोजन को भव्य, अनुशासित और शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने का संकल्प लिया। रैली के माध्यम से हिन्दू नववर्ष के सांस्कृतिक एवं धार्मिक महत्व को जन-जन तक पहुंचाने तथा समाज में एकता, समरसता और सांस्कृतिक जागरण का संदेश देने का उद्देश्य रखा गया है। आयोजकों ने नगरवासियों से अधिकाधिक सहभागिता की अपील की है।
बामनखेड़ी में सामुदायिक भवन की मांग, विधायक जैन ने किया निरीक्षण
सागर | संत रविदास वार्ड अंतर्गत बामनखेड़ी क्षेत्र के निवासियों ने सामुदायिक भवन निर्माण की मांग को लेकर विधायक शैलेंद्र जैन को ज्ञापन सौंपा। क्षेत्रवासियों ने बताया कि सामाजिक, धार्मिक एवं सामुदायिक कार्यक्रमों के लिए क्षेत्र में उपयुक्त स्थान का अभाव है, जिससे कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है। मांग को गंभीरता से लेते हुए विधायक ने मौके पर पहुंचकर स्थल निरीक्षण किया और आवश्यक प्रक्रिया पूर्ण कर निर्माण के लिए हरसंभव सहयोग का आश्वासन दिया। इस दौरान पूर्व पार्षद चेतराम अहिरवार, द्वारका अहिरवार, गणेश अहिरवार, जयंती अहिरवार, पुष्पा अहिरवार, लखन अहिरवार, नन्नी बाई अहिरवार, जीवन अहिरवार सहित बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिक उपस्थित रहे।
साहित्य समाज का आईना, विज्ञान पर मानवीयता रहे भारी: डॉ. पाण्डेय
भास्कर संवाददाता | सागर हिन्दी साहित्य सृजन संघ एवं हिन्दी साहित्य भारती द्वारा श्यामलम् की सहभागिता से लेखक आरके तिवारी की 10वीं पुस्तक, कथा संग्रह ‘क्यों आई हो अब यहां’ का विमोचन शनिवार को वरदान सभागार में हुआ। वरिष्ठ लेखिका डॉ. लक्ष्मी पाण्डेय ने कहा कि आज समाज को साहित्य की पहले से अधिक आवश्यकता है। गुलामी के दौर में साहित्य के सामने अज्ञान चुनौती था, जबकि आज विज्ञान का अतिरेक है। उन्होंने चेताया कि विज्ञान इतना हावी न हो कि मनुष्य मशीन बन जाए। भावनाओं और विज्ञान के संतुलन को ही शिक्षित समाज का लक्षण बताया। डॉ. नीलिमा पिंपलापुरे ने कहानियों को सामाजिक सरोकारों से जुड़ा और आम आदमी के जीवन के करीब बताया। डॉ. आशीष द्विवेदी ने कहा कि तिवारी के पात्र हमारे आसपास के लोग हैं। उनकी कहानियां रिश्तों की धूप-छांव और सामाजिक विसंगतियों को सहजता से प्रस्तुत करती हैं। पाठक प्रियता को लेखक की सबसे बड़ी विरासत बताते हुए उन्होंने तिवारी के लेखन को सार्थक कहा। लेखक आरके तिवारी ने आत्मीय संवाद में कहा कि वे अपने आसपास के अनुभवों को ही कथा रूप में प्रस्तुत करते हैं। संस्था अध्यक्ष अंबिका यादव ने स्वागत भाषण में सागर की साहित्यिक भूमि को और उर्वर बनाने का संकल्प दोहराया। संचालन डॉ. प्रदीप पांडेय ने किया। सुनीला सराफ ने आभार माना। समारोह में गजाधर सागर, शिवरतन यादव, उमाकान्त मिश्र, संतोष सोहगौरा, शरद सिंह, विनीत मोहन औदिच्य, छाया चौकसे, कविता शुक्ला, टीआर त्रिपाठी, अंजना चतुर्वेदी सहित साहित्यकार और प्रबुद्धजन उपस्थित थे।
अंकुर कॉलोनी मकरोनिया में श्री सिद्धचक्र महामंडल विधान का आयोजन कल से
सागर| सात दिवसीय श्री सिद्धचक्र महामंडल विधान का आयोजन श्री शांतिनाथ दिगम्बर जैन मंदिर अंकुर कॉलोनी मकरोनिया में 3 मार्च से किया जा रहा है। जिसमें पहले दिन सुबह 8 बजे से मंगल कलश शोभायात्रा, 9 बजे ध्वजारोहण, 9:30 बजे से 10:30 बजे तक विधान चलेगा। समापन दिवस यानी 9 मार्च को सुबह 9:30 बजे से श्रीजी की शोभायात्रा निकाली जाएगी। विधान के आमंत्रण कर्ता इंजी. सुनील जैन, अंकित जैन, इंजी. समकित जैन सहित समस्त सिंघई परिवार है।
होली के रंगों में सजी साहित्य सरस्वती मंच की काव्य गोष्ठी
भास्कर संवाददाता | सागर तीनबत्ती स्थित परिसर में साहित्य सरस्वती मंच की 107वीं साप्ताहिक काव्य गोष्ठी होली के रंगों में सराबोर माहौल में हुई। कार्यक्रम की अध्यक्षता प्रो. डॉ. गजाधर सागर ने की। उन्होंने पौराणिक संदर्भ में हिरण्यकशिपु और प्रहलाद की कथा का उल्लेख करते हुए कहा कि होली बैर-भाव मिटाकर पुनः संवाद स्थापित करने का पर्व है। मुख्य वक्ता लक्ष्मीनारायण चौरसिया ने होली के सांस्कृतिक और सामाजिक महत्व पर प्रकाश डाला। द्वितीय सत्र की शुरुआत वृंदावन राय द्वारा मां सरस्वती वंदना से हुई। कव्वाल महबूब ताज ने प्रभावशाली गजल प्रस्तुत की, वहीं परमानंद अहिरवार, आनंद मिश्र ‘अकेला’, देवकीनंदन रावत और मणिदेव ठाकुर ने होली और वसंत पर आधारित रचनाएं सुनाकर श्रोताओं को मंत्रमुग्ध किया। डॉ. संतोष साहू, राधाकृष्ण व्यास ‘अनुज’, केएल तिवारी ‘अलबेला’, पीआर मलैया, पूरन सिंह राजपूत और टीकाराम त्रिपाठी सहित अन्य कवियों ने भी छंद, मुक्तक और गीत प्रस्तुत किए। कार्यक्रम में हेमंत दुबे लंबरदार ने साहित्यकारों का पुस्तक, पेन, कॉपी और गमछा भेंटकर सम्मान किया। संचालन डॉ. नलिन निर्मल ने किया और आभार मणिदेव ठाकुर ने माना। गोष्ठी में साहित्य और होली का रंग एक साथ खिल उठा।
स्वच्छ सर्वेक्षण 2025 को ध्यान में रखते हुए नगर निगम ने शहर में सफाई और कचरा प्रबंधन को और प्रभावी बनाने की तैयारी तेज कर दी है। एमआर 5 स्थित ट्रेचिंग ग्राउंड से 12 साल पुराना 1 लाख मीट्रिक टन से अधिक कचरे का निपटारन आखिरकार पूरा कर दिया है। बायो-मैथनिंग प्रक्रिया से कचरा हटाते हुए रिसाइकल कर मिट्टी, सीएंडडी बेस्ट और आरडीएफ जैसे उत्पाद तैयार किए गए। कचरा हटने के बाद अब यह क्षेत्र साफ-सुथरा दिखाई दे रहा है और जल्द ही यहां उद्यान और सेल्फी पाइंट तैयार किए जाएंगे। नगर निगम आयुक्त अभिलाष मिश्रा ने बताया कि इस योजना पर कार्य कर रहे हैं कि भविष्य में कचरा जमा न हो। 100 प्रतिशत सेग्रीगेशन पर जोर दिया जा रहा है। एमआर 5 और गऊघाट पर कचरा अलग-अलग कलेक्ट किया जा रहा है। यदि किसी वाहन से मिलाजुला कचरा आता है तो तुरंत सुधार कर उसे ही आगे भेजा जा रहा है। ट्रांसफर स्टेशन और ट्रेंचिंग ग्राउंड पर सख्त निगरानी निगम ने ट्रांसफर स्टेशन और ट्रेंचिंग ग्राउंड पर नियमित निरीक्षण का भी प्रबंध किया है। यदि किसी वाहन पर मिलाजुला कचरा आता है, तो तुरंत सुधार करवाया जा रहा है और कचरा तभी उठाया जा रहा, जब वह पूरी तरह से सेग्रीगेट हो। शहर से रोजाना निकल रहा 180 टन कचरा शहर से प्रतिदिन लगभग 180 टन कचरा निकलता है, जिसमें 110 टन गीला और लगभग 70 टन सूखा कचरा शामिल है। त्योहार और पर्वों के दौरान निकलने वाले कचरे का आंकड़ा 240 टन तक बढ़ जाता है। सफाई व्यवस्था में कर्मियों की बड़ी टीम : नगर निगम के पास 4 अपर आयुक्त, 3 उपायुक्त, 6 सहायक आयुक्त, 54 वार्ड स्वच्छता नोडल, 3 हेल्थ ऑफिसर, 14 स्वच्छता निरीक्षक, 92 दरोगा और 2,500 से अधिक सफाई मित्र कार्यरत हैं। इनमें 1,700 निगम के और 800 आउटसोर्स कर्मचारी शामिल हैं।
देशभर में रंगों का पर्व होली (दुल्हेंडी) का त्योहार 4 मार्च को मनेगा। इस बार होली पर सिर्फ रंगों की मस्ती नहीं होगी, बल्कि आसमान में एक दुर्लभ घटना भी होगी। आज होलिका दहन के बाद अगले दिन चंद्र ग्रहण लगेगा। यह संयोग 122 साल बाद बन रहा है। इस चंद्र ग्रहण की वजह से दुल्हेंडी यानी फाग 4 मार्च को मनाई जाएगी। भारत में कल यानी 3 मार्च को दोपहर 3 बजकर 20 मिनट पर चंद्र ग्रहण शुरू होगा और शाम 6 बजकर 47 मिनट तक रहेगा। ग्रहण के 9 घंटे पहले यानी सूर्योदय के पहले ही सूतक काल शुरू हो जाएगा। इस दौरान कोई भी शुभ और मांगलिक कार्य नहीं किए जाएंगे। मंदिर के कपाट और पूजा-पाठ भी बंद रहेंगे। होलिका दहन आज शाम कुरुक्षेत्र में धार्मिक शोध केंद्र के अध्यक्ष पंडित ऋषभ वत्स ने बताया कि आज शाम 6 बजे के बाद होलिका दहन होगा। आमतौर पर होलिका दहन पूर्णिमा की रात को होता है, लेकिन इस बार पूर्णिमा पर ग्रहण है। इसलिए होलिका दहन एक दिन पहले किया जाएगा। अगले दिन चंद्र ग्रहण होने की वजह से उस दिन रंग खेलना मना है। इसलिए दुल्हेंडी का त्योहार 4 मार्च को मनाया जाएगा। 1904 में बना था संयोग कुछ जानकारों के मुताबिक, आखिरी बार ऐसा संयोग 1904 में यानी 122 साल पहले बना था। होली के दिन ग्रहण का लगना बहुत कम होता है। इससे त्योहार की रौनक तो बढ़ जाती है, लेकिन नियमों का पालन जरूरी है। सूतक में खाना न बनाएं, न ही खाएं। ग्रहण खत्म होने के बाद घर साफ और स्नान करें। अनाज और कपड़े का दान दें। गर्भवती महिलाएं खास सावधानी बरतें। मंदिर भी रहेंगे बंद ग्रहण काल में देवी-देवताओं की पूजा नहीं होगी। मंदिरों के पट भी बंद ही रहेंगे। ग्रहण खत्म होने के बाद स्नान और दान करना शुभ होता है। इस बार होली के साथ ग्रहण होने से त्योहार का रूप थोड़ा बदल जाएगा। लोग रंग खेलने से पहले सूतक के नियमों का पालन जरूर करें।
काशी हिन्दू विश्वविद्यालय के बिड़ला-A हास्टल के पास शनिवार 21 फरवरी छात्र रौशन कुमार पर तीन नकाबपोशों ने फायरिंग की थी। छात्र की तहरीर पर तीन बाइक सवारों और दो अन्य के ऊपर नामजद एफआईआर की गई थी। इस घटना में डीसीपी काशी जोन ने जांच के बाद कड़ी कार्रवाई की बात कही थी। इसी क्रम में डीसीपी काशी जोन ने सीपी के निर्देश पर पाँचों नामजद अभियुक्तों को वांछित घोषित करते हुए सभी पर 25-25 हजार के इनाम घोषित किया है। बताया कुख्यात अपराधी डीसीपी काशी जोन द्वारा जारी लेटर में लिखा है कि निंम्नलिखित कुख्यात अपराधियों के बारे में किसी को सूचना मिले तो हमें संपर्क करें। डीसीपी काशी जोन ने बताया - वाराणसी में अपराध की रोकथाम के लिए वाराणसी पुलिस तत्पर है। इसी क्रम में शनिवार 21 फरवरी को बीएचयू में दो गुटों में लड़ाई और फायरिंग की सूचना मिली थी। इसपर एसीपी गौरव कुमार के साथ भारी पुलिस फोर्स मौके पर पहुंची थी। समझा-बुझाकर छुड़वाया था जाम इस दौरान पुलिस ने गिरफ्तारी का आश्वासन दिया था। जिसके बाद छात्रों ने अपना धरना-प्रदर्शन समाप्त किया था। डीसीपी ने बताया इस दौरान छात्रों की मिली तहरीर के आधार पर लंका थाने पर मुकदमा दर्ज कर लिया गया था। जिसमें पांच को नामजद किया गया था। पांच में से तीन मौके पर थे बल्कि दो पर साजिश करने का आरोप लगाया था जांच के बाद इनाम घोषित डीसीपी ने बताया - मुकदमें में जांच के बाद आरोपी तपस राय, निवासी भभुआ, बिहार, अभिषेक उपाध्याय, कैमूर, बिहार, पीयूष कुमार निवासी रोहतास, बिहार, ऋषभ राय निवासी कैमूर, भभुआ बिहार और क्षितिज उपाध्याय रोहतास बिहार का रहने वाला है। इन सभी पर लंका थाने में दर्ज मुकदमा अपराध संख्या 101/26 में धारा 109(1)और 61(1) 2A में मुकदमा दर्ज है। इन सभी पर जांच के बाद फरार घोषित करते हुए 25-25 हजार का इनाम घोषित किया है। छात्रों को बीएचयू भी करेगा डिबार फायरिंग की घटना को विश्वविद्यालय प्रशासन ने गंभीरता से लिया है। विश्वविद्यालय प्रशासन ने इस मामले में कार्रवाई और जांच के लिए पांच सदस्यीय टीम नामित की है। जो फायरिंग की घटना में शामिल छात्रों को चिह्नित करेगी साथ ही सुरक्षा में कहां-कहां चूक है। उसपर भी एक रिपोर्ट बनाकर कुलपति को प्रेषित करेगी। गलती निकलने पर सभी छात्र डिबार किए जाएंगे अब जानिए क्या है पूरा मामला… शनिवार 21 फरवरी को हुआ था हमला छात्र रौशन कुमार ने शनिवार को प्रॉक्टर कार्यालय में सूचना दी थी कि वह अपने बिरला छत्रावास के बाहर खड़ा था तभी डालमिया हास्टल की तरफ से तीन छात्र पल्सर बाइक से आये इसे लक्ष्य करके चार राउंड फायरिंग की थी । इसपर पूरे परिसर की घरबंदी की गयी थी। इसके बावजूद पल्सर सवार नहीं पकड़ा गया था। क्योंकि रौशन हड़बड़ाहट में उसका नंबर नहीं पढ़ पाया था। किसी भी छात्र को बक्शा नहीं जाएगा विश्वविद्यालय प्रशासन की माने तो - इस प्रकरण में विश्वविद्यालय ने सख्त कार्रवाई का रुख किया है। जो भी इसे शामिल है उसे बक्शा नहीं जाएगा। जिन लोगों का नाम इसमें आया है उन सभी का कैरेक्टर पता किया जा रहा है। जरा सी संलिप्तता पाए जाने पर उनके विरुद्ध विश्वविद्यालय प्रशासन भी FIR दर्ज कराएगा। साथ सभी छात्रों को जिनका नाम आएगा सामने उन्हें डिबार किया जाएगा। लग रहा संवेदनशील इलाकों में सीसीटीवी बीएचयू प्रशासन ने संवेदनशील इलाकों में सुरक्षा बढ़ा दी है। बिरला A हास्टल लेन और धन्वंतरि छात्रावास के पूरे क्षेत्र को सीसीटीवी कैमरों के दायरे में लाया जा रहा है ताकि अपराधियों की गतिविधियों को ट्रैक किया जा सके। सुरक्षा तंत्र को और अधिक रिस्पांसिव बनाने के लिए 'पैनिक बटन' तकनीक का इस्तेमाल शुरू कर दिया गया है। प्रमुख चौराहों को सुरक्षित किया जा रहा है ताकि बाहरी तत्वों या संदिग्धों की आवजाहो रोको जा सके। प्राक्टोरियल बोर्ड के अधिकारियों का कहना है कि घटना को देखते हुए पुलिस व प्रशासन जांच कर रही है।
होली के लिए आज से 3 दिन पुलिस की तैनाती
होली और धुलेंडी पर्व को लेकर पुलिस के शहर में इंतजाम 2 मार्च की शाम से ही रहेंगे। एसपी प्रदीप शर्मा ने तीन दिन के लिए पूरे शहर में पुलिस फोर्स की तैनाती का शेड्यूल बनवाया है और मुख्य मार्गों पर जिगजेग भी बनेंगे, जिससे वाहनों की स्पीड कम की जा सके। हुड़दंग बाजों को जेल भेजेंगे। रंगों के पर्व को लेकर सभी थाना क्षेत्रों में पुलिस बल 24 घंटे तैनात रहेगा। जहां होलिका दहन बड़े स्तर पर किया जाता है उन आयोजकों को कहा है कि वे कैमरे लगवाए अथवा आसपास सीसीटीवी हो तो चैक कराए, जो चालू हो। पुलिस ने आयोजकों की भी जिम्मेदारी तय कि है कि रात तक वे होलिका पूजन स्थल पर रहे। पुलिस को मुख्य मार्ग पर संदिग्ध और नशा करने वालों को पकड़ने के लिए विशेष तौर पर निर्देश दिए हैं।
पहले सप्ताह में सर्द हवा का दायरा घटेगा, दूसरे में दिन तपने लगेंगे, चौथे में रात का पारा भी चढ़ेगा
डॉ. दिव्या ई. सुरेंद्रन, फॉर कास्टिंग ऑफिसर, आईएमडी, भोपाल सर्द हवा की जगह तपन की दस्तक शुरू हो गई है। मार्च की शुरुआत के साथ दिन व रात का पारा चढ़ने का अनुमान है। दोपहर में धूप के तेवर तीखे होने लगने के संकेत हैं। शाम ढलने के बाद तपन महसूस होगी। कहीं कहीं रात में भी तापमान बढ़ेगा। मार्च माह शीत से ग्रीष्म ऋतु की ओर परिवर्तन का समय है। इस माह में तापमान दिन-प्रतिदिन बढ़ेगा। सतही हवा आमतौर पर हल्की और दिशा में परिवर्तनशील होगी। उत्तर भारत से होकर जाने वाले पश्चिमी विक्षोभों के प्रभाव से कभी-कभी आकाश बादलों से ढंकने के आसार है। कभी मेघ गर्जन और मावठा तो कभी मेघ गर्जन के साथ झंझावात होने की भी संभावना रहती है। कभी-कभी ओलावृष्टि के साथ मेघ गर्जना भी हाेगी। कभी-कभी वातावरण धूमिल सा हाेने के संकेत हैं। इस माह हवा शांत प्रतीत होगी। कभी-कभी दोपहर के बाद हवा तेज एवं झोंकेदार होगी। अधिकतम और न्यूनतम तापमान का अंतर बहुत ज्यादा रहेगा। महीने के अंत तक अधिकतम तापमान 34.9 डिग्री या उससे अधिक पहुंचने का अनुमान है। औसत न्यूनतम तापमान 14.8 डिग्री सेल्सियस रहेगा। इस माह में औसत आर्द्रता 27 से 57 प्रतिशत तक हाेगी। गर्जन होने वाले दिनों की औसत संख्या शून्य हाेगी। इस माह की औसत वर्षा 6.7 मिमी और वर्षा के दिनों की औसत संख्या 0.4 हाेने की संभावना है। सप्ताहवार मौसम... तीसरे सप्ताह में तेजी से बदलाव होगा, कहीं-कहीं बादल छाए रह सकते, उमस भी बढ़ेगी पहला सप्ताह : सर्द हवा का दायरा धीरे-धीरे कम होने लगेगा। सुबह से कहीं हल्की तो कहीं मध्यम तपन महसूस होगी। दोपहर में सीधी धूप होने से तापमान में 3 से 4 डिग्री की बढ़ोतरी होने लगेगी। दूसरा सप्ताह : दिन के साथ रातें भी गर्म होने लगेंगी। दिन-रात के तापमान में ज्यादा अंतर नहीं रहेगा। हवा का रुख बदलने से ज्यादा गर्मी का असर दिखाई देगा। सुबह हल्की ठंड के साथ दोपहर में गर्मी रहेगी। तीसरा सप्ताह : हवा गर्म होने से तापमान में तेजी से बदलाव होने लगेगा। आसमान साफ रहेगा, लेकिन कहीं कहीं बादल छाए रह सकते हैं। इससे उमस बढ़ेगी। अगर ज्यादा उमस रही तो मावठा गिर सकता है। चौथा सप्ताह : सर्दी पूरी तरह विदा हो जाएगी। दिन और रात दोनों समय में तपन ही रहेगी। रात के तापमान में 3 से 4 डिग्री बढ़ोतरी होने के संकेत भी हैं। अधिकतम तापमान 35 या उससे ऊपर जा सकता है।
लेकसिटी में होली सेलिब्रेशन के लिए देशभर से पर्यटक पहुंच चुके हैं। वीकेंड पर सभी प्रमुख पर्यटन स्थल खुले रहे, लेकिन होलिका दहन और धुलंडी पर कई स्थलों के समय में बदलाव किया गया है। कुछ पर्यटन स्थल बंद रहेंगे, जबकि कुछ को आंशिक समय के लिए खोला जाएगा।पश्चिम क्षेत्र सांस्कृतिक केंद्र के तहत संचालित बागोर की हवेली और शिल्पग्राम होलिका दहन के दिन सोमवार को पर्यटकों के लिए खुले रहेंगे। हालांकि धुलंडी पर मंगलवार को दोनों स्थल बंद रहेंगे। इसी तरह सहेलियों की बाड़ी सोमवार को खुली रहेगी, लेकिन धुलंडी के दिन यहां प्रवेश नहीं मिलेगा। सज्जनगढ़ वन्यजीव अभयारण्य स्थित सज्जनगढ़ किला, बायो पार्क और लायन सफारी उदयपुर होलिका दहन पर खुले रहेंगे, जबकि धुलंडी के दिन तीनों स्थल बंद रखे जाएंगे। धुलंडी पर दोपहर बाद खुलेंगे ये स्थलधुलंडी के दिन कुछ पर्यटन स्थलों को आंशिक रूप से खोला जाएगा। फिश एक्वेरियम और करनी माता रोपवे सोमवार को सामान्य समय पर संचालित रहेंगे। धुलंडी पर दोनों स्थल दोपहर 2 बजे से पर्यटकों के लिए खोले जाएंगे। सामान्य दिनों में रोपवे सुबह 9 से रात 8 बजे तक और एक्वेरियम सुबह 8 से रात 11 बजे तक खुला रहता है। वहीं वन विभाग के अधीन चीरवा स्थित मेवाड़ जैव विविधता पार्क, फूलों की घाटी और पुरोहितों का तालाब होलिका दहन और धुलंडी दोनों दिन पर्यटकों के लिए बंद रहेंगे। प्रशासन ने पर्यटकों से यात्रा से पहले संबंधित स्थलों के समय की पुष्टि करने की अपील की है। आज शाम 5 बजे से और कल सुबह 8 से जगदीश चौक में वाहनों की नो एंट्री शहर के जगदीश चौक पर होलिका दहन 2 और धुलंडी 3 मार्च को खेली जाएगी। ऐसे में यहां हजारों पर्यटक और शहरवासी उमड़ेंगे। इसको लेकर पुलिस ने सोमवार-मंगलवार को जगदीश चौक तक जाने वाले मार्गों पर यातायात व्यवस्था में बदलाव किया है। आपातकालीन सेवाओं के लिए यह व्यवस्था लागू नहीं होगी। एएसपी उमेश ओझा ने बताया कि जगदीश चौक में सोमवार रात 10:30 बजे होलिका दहन होगी। इससे पहले सांस्कृतिक कार्यक्रम होंगे। इसको लेकर शाम 5 बजे से कार्यक्रम खत्म होने तक जगदीश चौक जाने वाले सभी मार्गों पर वाहनों की आवाजाही बंद रहेगी। रंगनिवास चौकी, गड़िया देवरा और घंटाघर थाने के यहां बेरिकेड्स लगाए जाएंगे। यहां से आगे वाहनों की एंट्री बंद रहेगी। पुलिसकर्मी तैनात रहकर व्यवस्था संभालेंगे। कार्यक्रम में आने वाले लोगों के वाहनों की पार्किंग घंटाघर चौक, गड़िया देवरा रोड किनारे और रंगनिवास के पास निगम की पार्किंग में रहेगी। शहर से चांदपोल जाने के लिए वाहन सिलावटवाड़ी, अंबावगढ़ होकर आ-जा सकेंगे। धुलंडी पर भी बदली रहेगी व्यवस्था होली के दूसरे दिन रंगोत्सव खेलने के लिए सुबह से लोगों की भारी भीड़ जगदीश चौक पहुंचेगी। ऐसे में सुबह 8 से दोपहर 4 बजे तक जगदीश चौक तक सभी तरह के वाहनों की एंट्री बंद रहेगी। गड़िया देवरा, घंटाघर थाना और आसींद हवेली के यहां बेरिकेड्स लगाकर वाहनों को रोका जाएगा। इसी जगह पर पार्किंग की व्यवस्था रहेगी।
कचरे के पहाड़ में आग, 5 किमी तक धुआं, कॉल के बाद भी लेट आया अमला
लक्ष्मीगंज कचरा डंपिंग केन्द्र में रविवार को कचरे के ढेर में भीषण आग लग गई। जिससे करीब 5 किलोमीटर तक धुआं फैल गया। आग इतनी तेज थी कि आसपास की कॉलोनियों के लोगों को सांस लेने में परेशानी होने लगी। रहवासियों का कहना है कि जब कचरा डंपिंग केंद्र में आग सुलग रही थी तभी फोन कर इसकी सूचना दमकल विभाग को दी, लेकिन लंबे समय तक कोई अमला नहीं पहुंचा। लोगों का कहना है कि यदि समय रहते दमकल पहुंच जाती तो आग इतना विकराल रूप नहीं लेती। लोगों को आई सांस घुटने की परेशानी: कचरे के धुएं के कारण कई लोगों ने आंखों में जलन और सांस लेने में घुटन की परेशानी आई। सबसे ज्यादा परेशानी गोल पहाडिया, बुद्धा पार्क, लक्ष्मींगज, जाग्रति नगर, निम्माजी की खोह और गिरवाई के क्षेत्र के रहवासियों को हुई।
मैच के बीच बिजली गुल, नहीं हुई शिकायतों की सुनवाई
भारत-वेस्टडींज के क्वार्टर फाइनल मैच के बीच फूलबाग, पड़ाव और सेवा नगर क्षेत्र के लोगों को देर शाम तक बिजली गुल रही। दरअसल बिजली कंपनी ने दोपहर 3.45 से शाम 6.45 बजे तक मेंटेनेंस के लिए 11 केवी के 8 फीडरों पर सप्लाई बंद रखा था। ये फीडर अमरकंटक, लोहामंडी, श्रुति एन्क्लेव, सेवा नगर, महिला पॉलिटेक्निक कॉलेज, चमड़ा मिल, मोतीमहल और पड़ाव थे। इन सभी क्षेत्रों में 50 हजार से ज्यादा की आबादी इस कटौती से प्रभावित हुई। मेंटेनेंस शेड्यूल के अनुसार शाम 6.45 बजे सप्लाई शुरू हो जानी चाहिए थी, लेकि ये सप्लाई रात 8 बजे के बाद बहाल हो सकी। इस बीच शाम 7 बजे से क्वार्टर फाइनल मैच शुरू हो चुका था और लोगों का सब्र भी टूट गया। क्षेत्रीय निवासी बिजली कंपनी के ग्रुप में लगातार मैसेज कर सप्लाई बहाल होने के लिए पूछते रहे। लेकिन बिजली कंपनी के अधिकारियों ने कोई रिस्पांस नहीं दिया। वहीं मैच के अलावा होली के त्योहार की तैयारियां और बच्चों के एग्जाम की तैयारियों पर भी असर पड़ा।
मेला:65 दिन में 1.20 करोड़ रुपए की बिजली जली, चोरी के कारण खपत कम
दिसंबर से शुरू हुए ग्वालियर मेले की बिजली सप्लाई शनिवार रात को बंद कर दी गई। इस वर्ष 65 दिन के मेले (25 दिसंबर से 28 फरवरी तक) चले इस मेले में 1 .20 करोड़ रुपए की बिजली सप्लाई हुई है। बिजली कंपनी ने मेन सप्लाई लाइन पर प्राधिकरण को जो मीटर लगाकर दिया था, उसके अनुसार ये बिलिंग हुई है। कंपनी के अनुसार ये बिलिंग बीते वर्ष से अधिक है। पिछले मेले में 1.10 करोड़ रुपए की बिलिंग हुई थी। इस बार बिलिंग 10 लाख रुपए अधिक हुई है। विद्युत वितरण कंपनी के डीजीएम अजीत राजपूत का कहना है कि कंपनी की तरफ से जितनी बिजली सप्लाई हुई है उसकी पूरी बिलिंग हुई है। झूला सेक्टर में जनरेटर की इस बार भी मनमानीमेले के झूला सेक्टर में इस बार भी बिजली कनेक्शन के साथ जनरेटर रखने की मनमानी चली। मेला प्राधिकरण ने आदेश जारी किए थे कि झूला संचालक बिजली कनेक्शन का उपयोग करेंगे, जनरेटर रखने और उपयोग की अनुमति नहीं होगी। लेकिन इसके बाद भी झूला संचालकों ने जनरेटर सेट रखे। झूला संचालक प्राधिकरण को यही बताते हैं कि अधिकांश समय झूलों को जनरेटर से चलाया और बिजली कम यूज की। लेकिन हकीकत में जनरेटर की आड़ में बिजली चोरी कर झूले चलते हैं। जिससे इनके मीटरों में खपत कम दर्ज होती है और ये चपत मेला प्राधिकरण को लगती है।
झारखंड में मार्च की शुरुआत के साथ ही गर्मी ने दस्तक दे दी है। मौसम विभाग ने साफ कर दिया है कि 5 मार्च तक पूरे राज्य में मौसम शुष्क रहेगा। बारिश की कोई संभावना नहीं है। सुबह हल्का कुहासा दिख सकता है, लेकिन दिन चढ़ते ही धूप तेज हो जाएगी। अगले तीन दिनों तक तापमान में ज्यादा बदलाव नहीं होगा, उसके बाद 2 से 3 डिग्री तक और बढ़ने के संकेत हैं। यानी होली से पहले गर्मी का असर और साफ नजर आएगा। जिलों में पारा सामान्य से 3-5 डिग्री ज्यादा मौसम केंद्र रांची की ओर से जारी रिपोर्ट के मुताबिक पिछले 24 घंटे में राज्य में कहीं भी बारिश नहीं हुई। सरायकेला ऑटोमेटेड वेदर स्टेशन पर सबसे ज्यादा 35.6 डिग्री सेल्सियस तापमान दर्ज किया गया। डालटेनगंज में 35.4 डिग्री, जमशेदपुर में 34.8 डिग्री और बोकारो में 34.1 डिग्री पारा पहुंच गया। राजधानी रांची (हिनू) में अधिकतम तापमान 30.8 डिग्री रहा, जो सामान्य से 1.7 डिग्री ज्यादा है। चाईबासा में न्यूनतम तापमान 14.8 डिग्री और हजारीबाग में 12.4 डिग्री दर्ज किया गया। कई जिलों में अधिकतम तापमान सामान्य से 3 से 5 डिग्री तक ऊपर चल रहा है, जिससे दोपहर में गर्मी का एहसास बढ़ गया है। असम के ऊपर बने सिस्टम से बदला मिजाज मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि पूर्वोत्तर असम और आसपास के इलाके में ऊपरी हवा में साइक्लोनिक सर्कुलेशन बना हुआ है। इसके साथ ही पछुआ हवाओं में ट्रफ लाइन भी सक्रिय है। इन सिस्टम का सीधा असर झारखंड में बारिश के रूप में नहीं दिख रहा, लेकिन बादल कम बन रहे हैं। शुष्क हवाएं चल रही हैं। साफ आसमान और तेज धूप की वजह से दिन का तापमान बढ़ रहा है। फिलहाल मौसम के रुख में बड़े बदलाव के संकेत नहीं हैं। 6-7 मार्च को भी नहीं बदलेगा मौसम मौसम विभाग ने 6 और 7 मार्च को भी शुष्क मौसम का अनुमान जताया है। सुबह हल्की धुंध और दिन में आंशिक बादल रह सकते हैं, लेकिन बारिश की संभावना नहीं है। रांची और आसपास के इलाकों में अधिकतम तापमान 31 से 32 डिग्री और न्यूनतम 14 से 16 डिग्री के बीच रहने का अनुमान है। फिलहाल किसी तरह का अलर्ट जारी नहीं किया गया है। आंधी या वज्रपात की आशंका भी नहीं है। ऐसे में होली से पहले बाजारों में रौनक बनी रहेगी, हालांकि सुबह के समय हल्के कुहासे में वाहन चालकों को सावधानी बरतने की सलाह दी गई है।
कभी आर्थिक तंगी और शिक्षा के अभाव से जूझता एक साधारण युवक ने आज अपने क्षेत्र में स्ट्रॉबेरी किसान के रूप में नई पहचान बनाया है। कटकमदाग प्रखंड के ग्राम अडरा टोला सिमराकोनी निवासी संजीत प्रजापति उर्फ संजीत दिलवाला तूफानी ने संघर्षों को अवसर में बदलकर यह साबित कर दिया कि दृढ़ इच्छाशक्ति और सही मार्गदर्शन से कोई भी मुकाम हासिल किया जा सकता है। जहां कभी उग्रवादियों की बंदूकें गरजती थी, अब स्ट्राबेरी सहित विभिन्न तरह की फसलें लहलहा रही है।संजीत बताते हैं कि बचपन आर्थिक तंगी में बीता। परिवार में शिक्षा का अभाव था, जिसके कारण वे केवल आठवीं कक्षा तक ही पढ़ सके। इसके बाद रोजगार की तलाश में लगभग दस वर्षों तक विभिन्न शहरों में रहकर जेसीबी चलाने और अन्य मजदूरी का कार्य किया। लेकिन बाहर की कमाई से जीवन में कोई ठोस बदलाव नहीं आया। वर्ष 2020 में कोरोना महामारी ने हालात और भी कठिन बना दिए।कोरोना के बाद उन्होंने अपने खेत की ओर रुख किया। वर्ष 2021 में उनके गांव में एचडीएफसी बैंक से संपोषित एवं केजीवीके द्वारा संचालित समग्र ग्राम विकास परियोजना की शुरुआत हुई। इसी परियोजना के तहत उन्हें ड्रिप और मल्चिंग तकनीक के साथ स्ट्रॉबेरी की खेती का प्रशिक्षण मिला। स्ट्रॉबेरी के साथ लहसुन और गेंदा फूल की खेती पिछले वर्ष से उन्होंने पुराने पौधों से नए पौधे तैयार कर खेती का विस्तार किया। साथ ही स्ट्रॉबेरी के साथ लहसुन और गेंदा फूल की मिश्रित खेती भी शुरू की। इससे लागत में कमी आई और मुनाफा बढ़ा। गेंदा और लहसुन लगाने से कीटों का प्रकोप भी कम होता है, जिससे उत्पादन बेहतर हुआ है। शुरुआती दौर में कई चुनौतियां आईं, लेकिन केजीवीके के सहयोग और मार्गदर्शन से उन्होंने खेती को सफल बनाया। आज वे हर साल औसतन साढ़े तीन से चार लाख तक की फसल बिक्री कर लेते हैं। किसान पाठशाला बनी संजीवनी समग्र ग्राम विकास परियोजना के तहत गांव में किसान पाठशाला स्थापित की गई, जहां नए फसल, नई तकनीक और जैविक खेती का प्रशिक्षण लिया। संजीत ने किसान पाठशाला की नर्सरी कक्ष का लाभ उठाकर हर साल एक लाख से अधिक टमाटर, बैंगन, मिर्च, तरबूज और शिमला मिर्च के पौधों की बिक्री शुरू की है। स्ट्रॉबेरी की सफल खेती के लिए उन्हें लगातार तीन वर्षों से किसान मेलों में सम्मानित और पुरस्कृत किया गया है। उन्होंने कविता-गीतों के माध्यम से भी स्ट्रॉबेरी खेती को बढ़ावा देने में योगदान दिया है। जानिए... कौन हैं संजीत प्रजापति संजीत प्रजापति की सफलता ने आसपास के युवा किसानों को भी प्रेरित किया है। उन्होंने 8वीं तक की शिक्षा प्राप्त की है। संजीत की यह कहानी बताती है कि सही मार्गदर्शन और आधुनिक तकनीक से खेती भी सम्मानजनक और लाभकारी व्यवसाय बन सकती है। आज स्ट्रॉबेरी की खेती से न केवल उनकी आर्थिक स्थिति सुदृढ़ हुई है, बल्कि वे अपने चार बच्चों को बेहतर शिक्षा दिला पा रहे हैं और आधुनिक कृषि यंत्र भी खरीद रहे हैं। उनकी पत्नी संजू देवी भी खेती के कार्य में पूरा सहयोग देती हैं।
लापता होतीं खुशियां...:ग्वालियर में दो साल में बेटों से दोगुनी बेटियों ने घर छोड़ा
ग्वालियर में नाबालिगों के घर छोड़ने का चलन चिंता बढ़ाने वाला है। पिछले दो साल में 817 बच्चे लापता हुए। इनमें 544 बेटियां और 273 लड़के शामिल हैं। औसतन हर महीने 34 बच्चे घर छोड़ रहे हैं, जिनमें 23 बेटियां हैं। जबकि शेष बेटे हैं। हालांकि पुलिस ने 98 फीसदी बच्चों को बरामद कर लिया है। पुलिस विश्लेषण में सामने आया है कि करीब 55 फीसदी बच्चे मोबाइल और सोशल नेटवर्किंग साइट्स के कारण घर छोड़कर चले गए। 25 फीसदी बेटे और बेटियों ने प्रेम-प्रसंग के कारण घर को छोड़ा है। जबकि महज 10 फीसदी बेटे और बेटियां ऐसे थे, जिन्होंने रोजगार की खातिर परिजनों को बिना बताए घर से चले गए। 10 फीसदी दोस्ती-यारी या किसी के भड़काने में आकर चले गए। स्पष्ट है कि डिजिटल दुनिया अब सीधे नाबालिगों के फैसलों को प्रभावित कर रही है। वर्चुअल रिश्ते कई बार बच्चों को घर से दूर ले जा रहे हैं। 6 केस से समझें... नाबालिगों के फैसलों पर डिजिटल दुनिया हावी मोबाइल चलाने से रोका तो छात्रा पहुंची वृंदावन... माधौगंज की 12वीं की छात्रा एक दिन लापता हो गई। परिजनों की शिकायत पर पुलिस ने उसे वृंदावन से बरामद किया। छात्रा ने बताया कि परिजन मोबाइल चलाने से रोकते थे। इसलिए उसने घर छोड़ा।गेम खेलने से रोका तो बेटा स्टेशन पहुंचा... 9 दिसंबर 2024 को ओफो की बगिया निवासी 14 वर्षीय बालक घर से चला गया। झांसी रोड थाना पुलिस ने उसे रेलवे स्टेशन से पकड़ा। उसने बताया माता-पिता मोबाइल में गेम खेलने से रोकते थे।17 वर्ष में गई, 21 वर्ष में लौटी... बहोड़ापुर की 17 वर्षीय किशोरी 2021 में लापता हुई। जांच में पता चला चिंटू भी उसी दिन से गायब था। नवंबर 2025 में आरोपी को प्रयागराज से पकड़ा गया। जब वह घर लौटी तो 2 साल का बच्चा था।पढ़ाई पर डांट पड़ी तो बेटा भाग गया... चार शहर का नाका निवासी 16 वर्षीय बालक नवंबर 2024 में घर छोड़ गया। पिता ने 25 हजार इनाम की घोषणा की। इसी बीच धमकी भरे कॉल आए, जिसमें दो लाख की मांग की गई। पुलिस को किशोर अहमदाबाद में मिला। उसने बताया कि पढ़ाई को लेकर पिता ने डांटा था, इसलिए घर छोड़ दिया।15 साल की बच्ची को घर से निकाला... पढ़ाई छूटने और जरूरतें पूरी न होने से परेशान 15 वर्षीय बच्ची घर छोड़ गई। गुमशुदगी दर्ज होने के बाद पुलिस ने उसे वृंदावन से बरामद कर परिजनों को सौंपा। चैटिंग से रोका तो बेटी पहुंची राजस्थान... मुरार की 15 वर्षीय बेटी ज्यादा चैटिंग करती थी। मां ने मोबाइल छीन लिया तो वह घर छोड़ गई। पुलिस ने उसे राजस्थान से बरामद किया। मोबाइल, मोहब्बत या रोजगार... इसलिए बेटों की तुलना में घर ज्यादा छोड़ रही हैं बेटियां बच्चों के घर छोड़ने के पीछे मुख्य कारण भावनात्मक आवेग और डिजिटल प्रभाव है। मोबाइल और सोशल मीडिया सबसे बड़े विलेन हैं। ऑनलाइन दोस्ती, चैटिंग, वर्चुअल रिश्ते और प्रेम-प्रसंग किशोरों को जल्दी भावनात्मक फैसले लेने पर मजबूर कर रहे हैं। कई बच्चे मोबाइल की रोक-टोक या डांट से नाराज होकर घर छोड़ देते हैं। कुछ रोजगार या बेहतर जिंदगी की तलाश में निकलते हैं, जबकि कुछ दोस्तों या किसी के बहकावे में आ जाते हैं। किशोर उम्र की बच्चियां ऑनलाइन दोस्ती, भावनात्मक जुड़ाव और शादी या साथ रहने के झांसे में जल्दी फंस रही हैं। कई मामलों में लड़के पहले भरोसा जीतते हैं, फिर मिलने बुलाते हैं। कुछ केस लव अफेयर या ऑनलाइन ग्रूमिंग से जुड़े पाए गए। बच्चों से संवाद करें, डांटने के बजाय उन्हें समझाएंमोबाइल और सोशल मीडिया बच्चों के लिए धीरे-धीरे नशे की तरह काम करने लगे हैं। एक बार लत लग जाए तो छुड़ाना आसान नहीं होता। बच्चों को मोबाइल देना गलत नहीं, लेकिन निगरानी जरूरी है। यह देखें कि वे क्या देख रहे हैं, किससे बात कर रहे हैं और किस तरह का कंटेंट फॉलो कर रहे हैं। बच्चों की संगत और दोस्तों का बैकग्राउंड जानना जरूरी है। अगर बच्चा नाराज है तो उसे डांटने के बजाय समझाएं। बातचीत से हल निकलेगा, सख्ती से नहीं। बच्चों से संवाद रखिए, निगरानी रखिए और बच्चों को सही-गलत का फर्क समझाइए।-धर्मवीर सिंह यादव, एसएसपी
30 लोग दुबई में फंसे:धमाका हुआ तो शहर से दूर रिसॉर्ट में शिफ्ट किया
अमेरिका-ईरान के बीच युद्ध दूसरे दिन भी जारी रहा। दुबई एयरपोर्ट बंद होने से इंदौर से गए लोग दुबई में फंस गए हैं। जिस होटल में ये रुके थे, उससे 200 मीटर दूर एक अन्य होटल में शनिवार रात ड्रोन अटैक हुआ था। इसके चलते रविवार को सभी ने होटल खाली कर दिया और दुबई शहर से दूर एक रिसोर्ट में अपॉर्टमेंट किराए से ले लिया है। भास्कर से चर्चा में प्रवीण कक्कड़ ने बताया यहां कुछ स्पष्ट जानकारी नहीं मिल रही है, लेकिन शनिवार रात को हम सभी के फोन पर सिक्युरिटी अलर्ट आए थे। इसमें लिखा था कि कोई भी व्यक्ति अनावश्यक बाहर न निकले और कांच या खिड़की के पास भी न रहे। कक्कड़ के साथ पूर्व विधायक संजय शुक्ला व उनके पुत्र, विशाल पटेल, पिंटू छाबड़ा और उनके पूरे परिवार सहित 24 लोगों का समूह है। इनकी रविवार दोपहर शारजाह एयरपोर्ट से इंदौर की फ्लाइट थी, लेकिन फ्लाइट निरस्त होने से सभी वहीं फंसे हैं। शनिवार को सभी फाइव पाम्स होटल में रुके थे। 200 मीटर दूर होटल पर ड्रोन हमला हुआ, जिससे सभी सहम गए। पूर्व विधायक शुक्ला बोले- सरकार हमें निकाले रविवार को पूर्व विधायक शुक्ला ने वीडियो जारी कर बताया कि किस प्रकार दुबई में कुछ जगह से धुआं उठ रहा है। उन्होंने कहा- बम धमाके की वजह से लोगों में दहशत है। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह से अपील करते हुए कहा- दुबई में फंसे भारतीय लोगों को निकालने के लिए भारत सरकार यूएई सरकार से बात करे। शारजाह में फ्लाइट में बैठ चुके थे, अंतत: कैंसिल हो गई लाभम ग्रुप के प्रमुख मंत्री भी अपने मित्रों के साथ गल्फ कंट्रीज के दौरे पर थे और शनिवार को लौटने वाले थे। प्रमुख के पिता और क्रेडाई के जिला अध्यक्ष डॉ. सत्यनारायण मंत्री ने बताया प्रमुख शनिवार को इंडियन एयरलाइंस की फ्लाइट में शारजाह से बैठ भी चुके थे, लेकिन तीन-चार घंटे तक वेटिंग के बाद अंततः फ्लाइट निरस्त हो गई। फिलहाल वे अपने आठ साथियों के साथ दुबई के हयात होटल में ठहरे हैं, जहां यात्रियों का खर्च सरकार ने उठाने की घोषणा की है, जिससे सभी यात्रियों को राहत हुई है। प्रमुख ने बताया दुबई में मॉल-होटल आदि खुले हैं। हालांकि स्कूलों की छुट्टी कर दी है और ऑफिस भी 2 मार्च तक बंद रखने की घोषणा की गई है। हालांकि फ्लाइट सेवा दोबारा कब शुरू होगी ये नहीं कहा जा सकता। मप्र बास्केटबॉल टीम के खिलाड़ी भी फंसे भारतीय सीनियर पुरुष बास्केटबॉल टीम 25 फरवरी को एशियाई क्वालिफायर में भाग लेने के लिए दोहा गई थी। टीम में मध्यप्रदेश के तुशाल सिंह भी शामिल हैं। 27 को टीम को लेबनान जाना था, लेकिन कतर में चल रहे राजनीतिक तनावों के कारण अंतरराष्ट्रीय हवाई यात्रा बंद है। ऐसे में टीम के खिलाड़ी और अधिकारी दोहा में फंसे हुए हैं। बास्केटबॉल फेडरेशन ऑफ इंडिया (बीएफआई) के महासचिव कुलविंदर सिंह गिल ने बताया भारतीय टीम ने 27 फरवरी को कतर के खिलाफ अपना निर्धारित मैच खत्म किया। मौजूदा स्थिति और यात्रा संबंधी अनिश्चितताओं के कारण टीम व अधिकारी दोहा एंबेसी में 5 घंटे के लिए रुके थे। इसके बाद पूरी टीम को होटल में पहुंचाया गया।
इजराइल-अमेरिका द्वारा ईरान और ईरान की और से बहरीन और दुबई में की जा रही बमबारी की दहशत मेवाड़-वागड़ तक महसूस हो रही है। दरअसल, खाड़ी देशों में उदयपुर, राजसमंद, प्रतापगढ़, सलूंबर, बांसवाड़ा, डूंगरपुर, चित्तौड़गढ़, सिरोही और पाली जिलों के 50 हजार से अधिक कामगार रहते हैं। जो वहां बमबारी के बीच दहशत में हैं। हालांकि, वहां लोकल स्तर पूरा सहयोग मिल रहा है। बावजूद इसके, परिजनों को भी बमबारी के बीच रह रहे अपनों की चिंता परेशान कर रही है। हज कमेटी राजस्थान के पूर्व संयोजक और जायरीनों को मक्का-मदीना की 100 से ज्यादा यात्राएं करने वाले जहीरुद्दीन सक्का बताते हैं कि अलग-अलग जत्थों में मक्का-मदीना गए मेवाड़-वागड़ के करीब 50 जायरीन भी हैं, जिन्हें उमरा कर 20 मार्च तक यानी ईद तक वतन वापस लौटना है। अगर यह युद्ध मार्च माह तक चला और जद्दा-मदीना एयरपोर्ट पर फ्लाइट का संचालन बहाल नहीं हुआ तो ये वहीं फंसे रहेंगे। क्योंकि, जेद्दा-मदीना-भारत के बीच फ्लाइट का संचालन कुवैत, दुबई, बहरीन, शारजहां होकर ही होता है और इन शहरों में बमबारी होने से फ्लाइट का संचालन रोक दिया गया है। हालांकि गनीमत यह है कि मक्का-मदीना में अभी तक किसी भी प्रकार की बमबारी नहीं हुई है। इसलिए जायरीनों के उमरा पर कोई फर्क नहीं है। फिलहाल, भारत से जाने वाले जायरीन उमरा के लिए नहीं जा पा रहे हैं। मेवाड़-वागड़ से दुबई भ्रमण पर जाने वाले यात्रियों के फंसे होने की भी प्रबल संभावना है। जिला कलेक्टर नमित मेहता बताते हैं कि इस मामले में जिला प्रशासन पूरी तरह अलर्ट है। अगर किसी के भी किसी भी प्रकार समस्या की जानकारी प्राप्त होते ही सक्षम स्तर पर अवगत कराकर राहत प्रदान कराएंगे। मेवाड़ के लोग बोले- कुवैत, बहरीन, दुबई में हालात तनावपूर्ण उदयपुर निवासी मोहम्मद रिजवान बताते हैं कि वे कुवैत में पिछले दो साल से ऑयल फील्ड में काम करते हैं। कुवैत में हर आधे घंटे में बमबारी हो रही है। सवीना निवासी हामिद बताते हैं कि कुवैत व बहरीन में रुक-रुककर बमबारी हो रही है। कुवैत एयरपोर्ट पर भी बम गिराए गए। इससे माहौल तनावपूर्ण है। साजिदा दुबई में सैलून का संचालन करने के साथ-साथ करंसी बदलने का भी काम करती हैं। कई सालों से दुबई में परिवार के साथ रहकर रोजगार अर्जित कर रही हैं। वे बताती हैं कि दुबई में बमबारी की वजह से दहशत का माहौल है। अब दुबई से वतन वापसी चाहती हैं, लेकिन एयरपोर्ट पर फ्लाइट का संचालन बंद कर दिया गया है। दुबई का एयरपोर्ट भी बमबारी में क्षतिग्रस्त हुआ है, जिसकी मरम्मत का काम चल रहा है। उदयपुर इन जायरीनों का जत्था उमरा पर, युद्ध पूरे माह चला तो वहीं फंसने का डर खांजीपीर उदयपुर निवासी अमजद अली गत 16 फरवरी से 20 मार्च तक उदयपुर, भीलवाड़ा, हिम्मत नगर के 35 जायरीनों के साथ मक्का-मदीना के सफर पर हैं। अमजद अली बताते हैं कि जायरीन मक्का शरीफ से इबादत कर रविवार को ताइफ शहर में पहुंचे हैं। ताइफ में बड़ा उमरा करेंगे यानी तबाफ एवं सही के बाद हलक कराएंगे। ताइफ से वापस मक्का शरीफ आएंगे। मक्का शरीफ के बाद मदीना शरीफ जाएंगे, जहां कई दिनों तक जियारत करेंगे। खास बात यह है कि मक्का-ताइफ-मदीना में माहौल शांतिपूर्ण हैं। फिलहाल यहां ना कोई बमबारी है, ना कोई डर का माहौल है। अगर युद्ध पूरे मार्च चला तो वहीं फंसने का डर सता रहा है। जेद्दा-मदीना एयरपोर्ट पर फ्लाइटें बंद की जेद्दा-मदीना-भारत के बीच फ्लाइट का संचालन कुवैत, दुबई, बहरीन, शारजहां होकर होता है। कुवैत, दुबई, बहरीन, शारजहां में बमबारी होने से फ्लाइट का संचालन रोक दिया गया है। ऐसे में माह-ए-रमजान में उमरा करने जाने वाले जायरीनों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। सउदी अरब के अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट जेद्दा व मदीना पर फ्लाइटों का संचालन बंद कर दिया गया है। इससे जायरीनों का फिलहाल मक्का-मदीना जाने का सपना टूट सकता है। वहीं, उदयपुर के टूर ऑपरेटर्स को आर्थिक नुकसान होगा। इसके अलावा पर्यटन क्षेत्र पर भी तात्कालिक प्रभाव संभव है, क्योंकि एमिरेट्स और कतर एयरवेज के जरिए आने वाले विदेशी पर्यटकों की संख्या घट सकती है।
इलाज के अभाव में हुई घायल युवक की मौत लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी : सांसद
लोहरदगा|भंडरा, लोहरदगा मुख्य पथ के सेगरा टोली में अज्ञात वाहन की चपेट में आने से मुकुंदा गांव के निवासी बिगवा उरांव पिता जुबी उरांव घायल हो गए थे। जिसका इलाज कराने के लिए भंडरा अस्पताल लाया गया जहां आधा घंटा तक कोई स्टाफ नहीं था। घायल मरीज को समय से इलाज नहीं कारण उसकी मृत्यु हो गई। भंडरा के ग्रामीणों ने इस मामला को लोहरदगा लोकसभा के सांसद सुखदेव भगत को अवगत कराते हुए दोषियों पर कार्रवाई करने की मांग की। सांसद ने कहा कि यह मामला अस्पताल प्रबंधन का गंभीर लापरवाही और संवेदनहीनता का है जिसके कारण एक युवक की मृत्यु हो गई है जिसे बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। सांसद के निर्देश पर उनके निजी सचिव आलोक कुमार साहू ने लोहरदगा का उपायुक्त व सिविल सर्जन लोहरदगा को इस मामले से अवगत कराते हुए कहा कि ग्रामीणों ने बताया कि घायल के अस्पताल पहुंचने पर करीब आधे घंटे तक वहां एक भी स्टाफ मौजूद नहीं था। इस गंभीर लापरवाही के कारण युवक की जान चली गई। सांसद ने इस पर शीघ्र संज्ञान लेकर जांचोंपरांत दोषियों पर कार्रवाई करने को कहा। उपायुक्त व सिविल सर्जन ने इस पर समुचित कार्रवाई करने का आश्वासन दिया।
योग प्राणायाम सत्र में मिट्टी स्नान के बताए गए फायदे
लोहरदगा|पतंजलि योग समिति भारत स्वाभिमान लोहरदगा के बैनर तले कोयल नदी के तट पर मिट्टी स्नान एवं योग प्राणायाम के एक दिवसीय सत्र का आयोजन किया गया। मौके पर जिल्स प्रभारी एवं मुख्य योग प्रशिक्षक प्रवीण कुमार भारती एवं राज्य कार्यकारिणी सदस्य शिवशंकर सिंह के नेतृत्व में योग प्रशिक्षक एवं अन्य योगसाधक कोयल नदी के किनारे मिट्टी, गोमूत्र, हल्दी, नीम, गोबर आदि मिलकर पूरे शरीर में लगाकर योगाभ्यास प्रवीण कुमार भारती ने कराया। जिसमें यौगिक जॉगिंग, सूर्य नमस्कार, दंड बैठक, कपालभाति, अनुलोम विलोम का अभ्यास कराया।
विजय जुलूस निकाला, डीजे की धुन पर थिरके समर्थक
लोहरदगा|नगर निकाय चुनाव में वार्ड संख्या 8 की उम्मीदवार अविनाश कौर की जीत के बाद विजय जुलूस निकाला गया। इस दौरान जुलूस वार्ड से निकलकर नीम मोहल्ला, बाबा मठ, साइडिंग, पवारगंज चौक, अखौरी कॉलोनी होते हुए विजय जुलूस निकाली गई। जुलूस में काफी संख्या में महिला, पुरुष, युवा व वरिष्ठ कार्यकर्ता शामिल हुए। विजय जुलूस में डीजे की धुन पर सभी थिरकते नजर आए। वहीं उन्होंने लगातार तीसरी बार जीत के बाद कहा कि अपने वार्ड के सभी लोगों का जो प्यार व आशीर्वाद मिला है उसकी ऋणी है। जिस उम्मीद से उन्हें तीसरी बार फिर से मौका मिला है उसमें खरा उतरूंगी।
अनुशासन और टोली-दलों की भगीदार पर विचार-विमर्श किया
भास्कर न्यूज|लोहरदगा लोहरदगा, आगामी सरहुल पूजा एवं भव्य शोभायात्रा के सफल आयोजन को लेकर केंद्रीय सरना समिति की एक आवश्यक बैठक बीएस कॉलेज परिसर में आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता समिति के अध्यक्ष रघु उरांव ने की। बैठक में सरहुल पूजा के पारंपरिक स्वरूप, शोभायात्रा की रूपरेखा, सुरक्षा व्यवस्था, अनुशासन एवं विभिन्न टोली-दलों की सहभागिता को लेकर विस्तृत विचार-विमर्श किया गया। अध्यक्ष रघु उरांव ने कहा कि सरहुल आदिवासी समाज का प्रमुख एवं आस्था से जुड़ा पर्व है, जिसे पूरे पारंपरिक रीति-रिवाज एवं एकजुटता के साथ मनाया जाएगा। बैठक में यह निर्णय लिया गया कि गांव-गांव के पहान एवं पुजारियों को उनके खोंडहा दल के साथ भव्य शोभायात्रा में शामिल होने के लिए औपचारिक रूप से आमंत्रित किया जाएगा। शोभायात्रा को भव्य एवं अनुशासित बनाने के लिए अलग-अलग जिम्मेदारियां निर्धारित की गईं। आयोजन समिति के सदस्यों को प्रचार-प्रसार, मंच व्यवस्था, जुलूस मार्ग की तैयारी, साफ-सफाई एवं सांस्कृतिक कार्यक्रमों की जिम्मेदारी सौंपी गई। बैठक में उपस्थित सदस्यों ने अपने-अपने सुझाव देते हुए आयोजन को सफल बनाने का संकल्प लिया। बैठक में मुख्य रूप से बिफई उरांव, रघु उरांव, शशि कुमार भगत, विनोद उरांव, सुखेर भगत, बिहारी उरांव, प्रकाश उरांव, संतोष उरांव, जुगल उरांव, अवधेश उरांव, दिनेश उरांव, बुधुराम उरांव, राकेश उरांव, महादेव उरांव, सुमित उरांव, अमित उरांव, दीपक उरांव एवं चैतू मुंडा सहित कई सदस्य उपस्थित थे। अंत में धन्यवाद ज्ञापन के साथ बैठक का समापन किया गया।
इंडोर स्टेडियम में लाइटों का अभाव, रात में होती है परेशानी
अगर आप भी जनहित के मुद्दों और समस्या को बताना चाहते है तो उससे संबंधित तस्वीर और वीडियो अपना नाम-पता के साथ व्हाट्सएप नंबर 94314 21095 पर भेज सकते हैं। नप के प्रशासक मनीष कुमार ने कहा कि स्टेडियम की इन समस्याओं का प्राथमिकता के आधार पर समाधान किया जाएगा। रोशनी और पानी की व्यवस्था सुधारी जाएगी। राजनीलतिग्गा ने कहा कि परिसर में नई लाइटें लगाई जाएं और खराब हो चुके सिस्टम को तुरंत दुरुस्त किया जाए ताकि लोग भयमुक्त माहौल में वर्कआउट कर सकें। रोशनी के साथ-साथ परिसर में शुद्ध पेयजल की भी व्यवस्था की जाए। ताकि लोगों को असुविधा न हो। भास्कर न्यूज|गुमला शहर के इंडोर स्टेडियम परिसर में प्रकाश की समुचित व्यवस्था न होने के कारण रात के समय यहां आने वाले लोगों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। हालात यह हैं कि सूरज ढलते ही परिसर अंधेरे में समा जाता है। जिससे यहां आने वाले खिलाड़ी और आम नागरिक असुरक्षित महसूस कर रहे हैं। स्टेडियम परिसर में ओपन जिम, बैडमिंटन सेंटर और वॉकिंग ट्रैक की सुविधा है। प्रतिदिन सैकड़ों की संख्या में लोग यहां वर्कआउट और सैर-सपाटे के लिए पहुंचते हैं। लेकिन लाइटें की रोशनी इतनी कम है कि कुछ दिखाई नहीं देता। विशेष रूप से परिसर में लगी हाई मास्क लाइट भी खराब स्थिति में है। जिसे ठीक कराने की सुध लेने वाला कोई नहीं है।
गुमला में उपाध्यक्ष की कुर्सी बनी हॉट केक बुलेट से लेकर स्कॉर्पियो तक का ऑफर
भास्कर न्यूज|गुमला नगर परिषद के चुनावी दंगल में इस बार समीकरण बड़े दिलचस्प मोड़ पर हैं। शहर की सरकार में अध्यक्ष पद से कहीं ज्यादा चर्चा उपाध्यक्ष की कुर्सी को लेकर हो रही है। राजनीतिक गलियारों में यह पद हॉट केक बन चुका है। जिसे हासिल करने के लिए अनोखा खेल शुरू हो गया है। चर्चा तो यहां तक है कि पर्दे के पीछे समर्थन के बदले बुलेट से लेकर स्कॉर्पियो तक के ऑफर दिए जा रहे हैं। उपाध्यक्ष की इस हाई-प्रोफाइल रेस में आर्थिक रूप से संपन्न चेहरों ने अपनी पूरी ताकत झोंक दी है। खुले बाजार में फिलहाल कई नाम सबसे ज्यादा सुर्खियों में हैं। एक पार्टी समर्थित उम्मीदवार अपनी मजबूत आर्थिक पृष्ठभूमि और पकड़ के साथ ताल ठोक रहे हैं। वहीं एक नेता भी अपनी दावेदारी मजबूती से पेश कर रहे हैं। इनके साथ ही नगर परिषद की पूर्व उपाध्यक्ष भी अपने पिछले अनुभव के आधार पर दोबारा इस कुर्सी पर काबिज होने की जुगत में हैं। राजनीति के इस बिसात पर केवल पुरुष ही नहीं बल्कि महिला चेहरे भी कड़ा मुकाबला दे रही हैं। पर्दे के पीछे से महिलाओं व पुरूष नामों की चर्चा तेजी से बढ़ी है। ऐसे में सियासी गलियारों में यह खबर आम है कि वार्ड पार्षद का चुनाव जीतने में प्रत्याशियों ने जमकर पसीना और पैसा बहाया है। अब चुनाव में हुए इस खर्च की भरपाई उपाध्यक्ष पद के समर्थन के जरिए की जाएगी। यही कारण है कि नवनिर्वाचित पार्षदों के भाव सातवें आसमान पर हैं। सूत्रों की मानें तो पार्षदों को अपने पक्ष में करने के लिए मोटी रकम और लग्जरी गाड़ियों तक के प्रलोभन दिए जा रहे हैं। ऐसे में यह कहना गलत नहीं होगा कि जो दावेदार सबसे ज्यादा खर्च करने का माद्दा रखेगा। ताज उसी के सिर सजेगा। बहरहाल निर्वाचन आयोग की तिथि करीब आते-आते यह देखना दिलचस्प होगा कि ऊंट किस करवट बैठता है और गुमला नगर परिषद की इस हॉट सीट पर किसका कब्जा होता है। चूंकि इस पद के लिए अब तक तीन पुरुष और तीन महिला दावेदार दौड़ में है।
केंद्रीय महावीर मंडल के अध्यक्ष बने अजय सचिव का दायित्व हरजीत को सौंपा गया
लोहरदगा|लोहरदगा, जय श्रीराम समिति की एक महत्वपूर्ण बैठक पावरगंज स्थित दुर्गाबाड़ी मंदिर प्रांगण में सुषमा सिंह की अध्यक्षता में आयोजित की गई। बैठक में कार्यकारी अध्यक्ष सह नवनिर्वाचित नगर पालिका अध्यक्ष अनिल उरांव सहित वार्ड 19 के अभिषेक कुमार, वार्ड 20 के विक्रम उरांव, वार्ड 22 के विजय उरांव एवं वार्ड 6 की सुगो देवी को अंगवस्त्र और प्रभु श्रीराम के चित्र भेंट कर सम्मानित किया गया। बैठक के दौरान समिति के जिला अध्यक्ष और जिला महामंत्री के रिक्त पदों को लेकर विचार-विमर्श किया गया। सर्वसम्मति से अमरेश भारती को जिला अध्यक्ष तथा चंदन साहू को जिला महामंत्री मनोनीत किया गया। घोषणा होते ही उपस्थित सदस्यों ने “जय श्रीराम” के उद्घोष के साथ दोनों पदाधिकारियों का स्वागत किया। इस अवसर पर होली मिलन समारोह का भी भव्य आयोजन किया गया। भास्कर न्यूज|गुमला स्थानीय बड़ा दुर्गा मंदिर परिसर में केन्द्रीय महावीर मंडल की एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। यह बैठक वर्तमान अध्यक्ष अरुण साहू की अध्यक्षता में संपन्न हुई, जिसमें मंडल के भावी कार्यक्रमों और नई कार्यकारिणी के गठन पर विस्तार से चर्चा की गई। बैठक की शुरुआत में निवर्तमान कोषाध्यक्ष विकास सिंह ने वर्ष 2024-25 का विस्तृत आय-व्यय और लेखा-जोखा कमेटी के समक्ष प्रस्तुत किया। पारदर्शिता के साथ रखे गए इस विवरण को सर्वसम्मति से पारित किया गया। इसके पश्चात, लोकतांत्रिक प्रक्रिया का पालन करते हुए पुरानी कमेटी को भंग करने की घोषणा की गई, ताकि नई ऊर्जा के साथ आगामी कार्यक्रमों की रूपरेखा तैयार की जा सके। बैठक में उपस्थित सदस्यों ने आपसी विचार-विमर्श के बाद सर्वसम्मति से नई कार्यकारिणी का चुनाव किया। नई कमेटी में निम्नलिखित पदाधिकारियों को महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं अध्यक्ष अजय सिंह राणा, सचिव हरजीत सिंह, कोषाध्यक्ष शिवम जयसवाल,उपाध्यक्ष विकास सिंह बनें। इस अवसर पर संरक्षक शशि प्रिय बंटी ने कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए कहा कि इस वर्ष रामनवमी का त्योहार पूरे उत्साह और भव्यता के साथ मनाया जाएगा। उन्होंने जोर देते हुए कहा कि आयोजन की सफलता के लिए क्षेत्र के सभी अखाड़ों की सक्रिय सहभागिता सुनिश्चित की जाएगी। नवनियुक्त अध्यक्ष अजय सिंह राणा ने सभी का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि वे मंडल की परंपराओं को आगे बढ़ाते हुए समाज को एकजुट करने का प्रयास करेंगे। बैठक में बड़ी संख्या में श्रद्धालु और मंडल के सदस्य उपस्थित थे, जिन्होंने नई कमेटी का स्वागत किया। मौके पर अधिवक्ता रविन्द्र सिंह, पप्पु वकील, संतोष यादव, अरूण सिंह, वैभव विनीत तिवारी, सोनल केशरी, रूपेश साहु, रंजीत सोनी, बबलू वर्मा, सुमित साबु, संदीप सिंह, अमित कुमार, संजय वर्मा समेत कई लोग मैजूद थे।
मेला देखकर गांव लौट रहे युवकों की बाइक अनियंत्रित होकर गिरी, एक युवक की मौत
भास्कर न्यूज|भरनो/गुमला भरनो थाना क्षेत्र अंतर्गत मारासिली-खटको मार्ग पर नदी के पास रविवार को देर शाम एक दर्दनाक हादसे में 22 वर्षीय युवक की मौत हो गई। मृतक युवक की पहचान दीपक उरांव के रूप में हुई है, जो घाघरा थाना क्षेत्र के घोड़ा टांगर गांव का निवासी था। प्राप्त जानकारी के अनुसार दीपक उरांव अपने साथी फुलेश्वर उरांव के साथ बाइक से मारासिली गांव अपने एक मित्र के घर आया था। दोनों युवक देर शाम को भरनो में आयोजित फागुन मेला देखकर वापस गांव लौट रहे थे। इसी दौरान मारासिली और खटको के बीच स्थित नदी के पास एक मोड़ पर अचानक बाइक असंतुलित हो गई और दीपक उरांव बाइक से गिर पड़ा। बताया जा रहा है कि घटना के समय अंधेरा हो चुका था, जिससे आसपास के ग्रामीणों को दुर्घटना की तत्काल जानकारी नहीं मिल सकी। काफी देर बाद जब लोगों को इसकी भनक लगी, तब दो युवकों की मदद से घायल दीपक को बाइक पर ही लादकर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र भरनो पहुंचाया गया। हालांकि अस्पताल पहुंचने पर चिकित्सकों ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया। घटना की सूचना मिलते ही थाना प्रभारी कंचन प्रजापति पुलिस बल के साथ अस्पताल पहुंचे और शव को कब्जे में लेकर आवश्यक कार्रवाई शुरू की। पुलिस ने बताया कि सोमवार की सुबह शव को पोस्टमार्टम के लिए गुमला सदर अस्पताल भेजा जाएगा। दीपक उरांव की असामयिक मौत से उसके परिवार में मातम पसरा हुआ है। परिजनों का रो-रो कर बुरा हाल है। गांव में भी शोक का माहौल है।
छोटा नागपुरिया तेली उत्थान समाज का होली मिलन समारोह आयोजित
गुमला|छोटानागपुरिया तेली उत्थान समाज जिला गुमला का होली मिलन समारोह जिला अध्यक्ष कलिंदर साहू की अध्यक्षता में तेली हॉस्टल गुमला में किया गया। बैठक में सर्वसम्मति से 15 मार्च दिन रविवार को रथ मेला स्थल करौंदी में धूमधाम से वार्षिक तेली जातरा लगाने का निर्णय लिया गया ।जातरा में अनाथ और असहाय एवं जरूरतमंद कन्याओं का सामूहिक विवाह भी किया जाएगा ।इच्छुक जोड़ा प्रखंड अध्यक्ष से संपर्क कर आवेदन देंगे। तेली जातरा में प्रदेश एवं राष्ट्रीय स्तर के तेली समाज के नेतृत्व को आमंत्रित किया जाएगा साथ ही जातरा में रंगारंग संस्कृति कार्यक्रम के साथ समाज के पारंपरिक व्यंजनों का प्रदर्शन भी रहेगा। सभी लोगों से आह्वान किया गया कि जातरा में बढ़-चढ़कर भाग लेंगे ताकि समाज का यह कार्यक्रम ऐतिहासिक हो। इसके लिए सभी समाज के लोग प्रयास करेंगे। बैठक में यह भी निर्णय लिया गया कि संगठन की मजबूती के लिए कृष्णा साहू ग्राम कैसरा को पूर्वी क्षेत्र गुमला का प्रभारी अध्यक्ष मनोनीत किया जाता है।
ऑटो को अज्ञात लोगों के आग के हवाले करने की प्राथमिकी दर्ज कराई
गुमला|सदर थाना क्षेत्र के कोयन्जारा गांव में अज्ञात अपराधियों ने बालकेश्वर महतो की खड़ी ऑटो को आग लगा दिया। जिससे ऑटो पूरी तरह जल कर खाक हो गई। घटना देर रात की बताई जा रही है। ऑटो मालिक बालकेश्वर महतो ने बताया कि शनिवार को वह कसीरा बाजार से अपने होटल का सामान लेकर लौटे थे। रोज की तरह शाम में उन्होंने ऑटो घर के सामने खड़ी की, परिवार के साथ भोजन किया और सो गए। रात के सन्नाटे में अचानक जलने की आवाज सुनाई दी। जब बाहर निकलकर देखा तो ऑटो आग की लपटों में घिरा है। इसके बाद शोर मचाकर आसपास के लोगों को बुलाया और आग बुझाने की कोशिश की, लेकिन तब तक काफी देर हो चुकी थी। आग इतनी तेज थी कि कुछ ही देर में पूरी ऑटो जलकर खाक हो गई। रविवार की सुबह घटना की खबर फैलते ही ग्रामीणों की भीड़ जमा लग गई। बालकेश्वर महतो ने यह भी बताया कि वह इसी ऑटो से बाजार से सामान लाकर अपने छोटे होटल का संचालन करते थे। ऑटो ही उनकी आमदनी का मुख्य जरिया था। गाड़ी जल जाने से उनकी रोजी-रोटी पर सीधा असर पड़ा है और परिवार के सामने आर्थिक संकट खड़ा हो गया है। इसके बाद गुमला थाना में लिखित आवेदन देते हुई कार्रवाई की मांग की है।
होली मिलन पर समाज की विसंगति को दूर करने पर बल,एक-दूसरे को गुलाल लगाया
भास्कर न्यूज|लोहरदगा अखिल भारतीय क्षत्रिय महासभा का होली मिलन सह वनभोज कार्यक्रम रविवार को भंडरा प्रखंड अंतर्गत नंदनी जलाशय के समीप संपन्न हुआ। भंडरा व कैरो प्रखंड के संयुक्त बैनर तले आयोजित कार्यक्रम में सैकड़ों लोग शामिल हुए। सुमंत शाहदेव की अध्यक्षता में आयोजित कार्यक्रम में वक्ताओं ने समाज में फैली विसंगति को दूर करने और सामाजिक एकता मजबूत करने पर बल दिया। समाज के संरक्षक प्रवीण कुमार सिंह ने कहा कि समाज का उत्थान तभी संभव है जब समाज एकजुट होगा। छोटी-छोटी बातों पर आपस में न उलझकर सामाजिक एकता का प्रयास करना होगा तभी समाज का भला हो सकता है। उन्होंने आगामी 15 मार्च को क्षत्रिय समाज का रांची में आयोजित कार्यक्रम में अधिक से अधिक संख्या में शामिल होने की अपील की। जिला संरक्षक डा अजय शाहदेव ने कहा कि किसी भी क्षेत्र में आपकी पूछ तब होगी जब आपका समाज मजबूत होगा। जिला अध्यक्ष उदय शेखर ने कहा कि जिला मुख्यालय में बहुत जल्द क्षत्रिय समाज का अपना भूमि होगा। जिसमें आने वाले दिनों में हॉस्टल का निर्माण किया जाएगा। जहां दूरदराज से आने वाले बच्चे फ्री में रहकर पढ़ सकेंगे। मौके पर दिलीप सिंह, अशोक चौहान, मुन्ना चौहान, राज किशोर शाहदेव, राहुल सिंह, कन्हैया सिंह, जयंत सिंह, दीपक शाहदेव, भानु प्रताप शाह, डा श्याम किशोर, देव कुमार सिंह, भीम शाहदेव, मनिंदर शाह, आनंद चौहान सहित अन्य लोग उपस्थित थे।
कुम्हार प्रजापति ट्रस्ट का होली मिलन समारोह आयोजित, गीतों पर की मस्ती
लोहरदगा| कुम्हार प्रजापति ट्रस्ट के बैनर तले रविवार को आनंद सरस्वती बाल निकेतन पावरगंज कुम्हार मोहल्ला में होली मिलन समारोह का आयोजन किया गया। इस दौरान रंगारंग कार्यक्रम, गीत संगीत, नागपुरिया एवं भोजपुरिया होली के गीतों में लोगों ने मस्ती की। वहीं कार्यक्रम की अध्यक्षता जिला अध्यक्ष प्रेम किशोर प्रजापति कार्यक्रम का संचालन जिला सचिव नागेंद्र प्रजापति व प्रमोद प्रजापति ने संयुक्त रुप से किया। वहीं जिला अध्यक्ष ने आपसी भाईचारगी से होली मनाने की अपील की। उन्होंने कहा कि नगर परिषद चुनाव में आप लोगों ने जो एकजुटता समाज के लिए दिखाई इसके लिए कुम्हार समाज के सभी लोगों का आभार व्यक्त करता हूं। जिसके फलस्वरुप आज नगर परिषद के अध्यक्ष अनिल उरांव को विजय प्राप्त हुआ। वहीं समाज के संरक्षकों ने होली गीत प्रस्तुत किया। मौके पर कोषाध्यक्ष विनोद प्रजापति, राधेश्याम प्रजापति, शेखर प्रजापति, शशिकांत, रामदेव प्रजापति,अमर कुमार, दुर्गा प्रजापति, संजय कुमार, दुर्गा, विनोद, परोज महतो, दीपक महतो, प्रवीण कुमार, चिंटू, नितेश प्रजापति मौजूद थे।
एमएसएमई पर किया जागरूकता कार्यक्रम
गुमला|एमएसएमई पर सिसई रोड स्थित ईट एन गार्डेन होटल में जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में अतिथि के रूप में वार्ड पार्षद रमेश कुमार चीनी व सामाजिक कार्यकर्ता जगन्नाथ उरांव शामिल हुए। जहां रमेश कुमार को चुनाव जीतने पर गुलदस्ता प्रदान कर स्वागत किया गया। कार्यक्रम में एमएसएमई के सहायक निदेशक रांची गौरव कुमार ने इंटर्नशिप कार्यक्रम के विषय पर लोगों को अवगत कराते हुए कई महत्वपूर्ण जानकारी साझा की गई। उन्होंने कहा कि विशेष क्रेडिट लिंक्ड कैपिटल सब्सिडी योजना की शुरूआत वर्ष 2017 में हुई थी। जिसका उद्देश्य नये उद्यमियों को प्रोत्साहन देकर रोजगार से जोड़ना है। विशेषकर एसटी-एससी उद्यमियों को सार्वजनिक खरीद में भागीदारी सुनिश्चित करना है। जिसके तहत बैंक ऋण प्रोसेसिंग करने में सहायता प्रदान की जाती है। कार्यशाला में एमएसएमई के बारे में कई जानकारी दी गई। इस अवसर पर एमएसएमई के ई ट्रेडरिंग प्रोफेशनल विवेकानंद सिंह, स्टेनो ग्राफर यशमेंद्र कुमार, अमर प्रदीप कुजूर, वालटर कुजूर, शानु कुमार, मिथुन कुमार, अकील रहमान, गणेश खड़िया, रूपेश भगत सहित कई लोग उपस्थित थे।
भरनो : वार्षिक फागुन मेला का किया उद्घाटन
भरनो|प्रखंड मुख्यालय परिसर में लगने वाली एक दिवसीय वार्षिक फागुन मेला का रविवार को प्रखंड प्रमुख पारस नाथ उरांव,थाना प्रभारी कंचन प्रजापति,मुखिया मंजू देवी,एमओ अंशुल टोप्पो,भाजपा मंडल अध्यक्ष अभिषेक गुप्ता,पूर्व मंडल अध्यक्ष हरिशंकर शाही,कांग्रेस प्रखंड अध्यक्ष मुख्तार आलम,श्रीकांत केशरी,मुकेश सिंह,सुदामा केशरी,शिव केशरी सहित अन्य अतिथियों की मौजूदगी में संयुक्त रूप से विधिवत फीता काटकर अतिथियों के द्वारा उद्घाटन किया। उसके बाद मेला का अवलोकन भी किया गया।यह वार्षिक फागुन मेला भरनो ब्लाक परिसर में लगा है,इस वर्ष मेला में खेल तमासा,झूला,ड्रैगन,ना व झूला,ब्रेक डांस इत्यादि लगाया गया जहां लोगों का काफी भीड़ भाड़ रहा।इस मेला में खिलौना, मिठाई,लोहे का तरह तरह का औजार,साग सब्जियां और घरेलू उपयोग की वस्तुओं समेत तरह तरह की दुकानें सज्जी है।
एकेडमी के वार्षिकोत्सव में बिखरे संस्कृति के रंग, पद्मश्री ने बच्चों को दिया सफलता का मंत्र
रायडीह|होली और रमजान इस्टर पर्व को लेकर रविवार को रायडीह थाना परिसर मे थाना प्रभारी संदीप कमार यादव की अध्यक्षता मे शांति समिति बैठक की संपन हुई। इस बैठक मे शांतिपूर्ण वातावरण में त्योहार मनाने का निर्णय लिया गया। होली पर्व के अवसर पर थाना क्षेत्र मे होने वाले होलिका दहन होली जूलूस आदि कार्यक्रम की जानकारी लिया। थाना प्रभारी ने कहा शांतिपूर्ण वातावर मे पर्व मनाना है, जबरदस्ती किसी को रंग नही लगाना है, डीजे साउंड पर अश्लील व अभद्र गाना नहीं बजाना है। सोशल मीडिया मे किसी प्रकार के अफवाह मैसेज को फारवर्ड नहीं करना है, किसी भी तरह की गतिविधि सामने आने पर अविलंब पुलिस को सूचना करें अथवा टोल फ्री 112 पर कॉल करें। तत्पश्चात एक दूसरे को रंग-अबीर लगाकर शुभकामना दी गई। मौके पर जगनारायण सिंह, जोगांद्र सिंह, मांगु उरांव, पुनीत कुमार, लाल हाफिज, जहिरउद्दीन जमाल ताज, कमलेश झा, मंगल लोहरा, चुईया कुजूर, खुशमन नायक, कुर्बान राय, हनिफ राय, जगदीश सिंह, महाबीर सिंह, प्रमोद कुमार, रितेश गुप्ता, बिनोद गुप्ता, मनोहर राय, चोकेंद्र सिंह, अशरफ राय लालो, सितेश कुमार, अख्तर खान आदि मौजूद थे। वहीसूरसांग थाना परिसर मे थाना प्रभारी अनिकेत कुमार गुप्ता की अध्यक्षता में शांति समिति की बैठक हुई, शांतिपूर्ण वातावरण में पर्व मनाने का निर्णय लिया गया। गुमला|विकास भारती बिशुनपुर संचालित विकास चिल्ड्रेन एकेडमी में वार्षिक उत्सव का आयोजन अत्यंत हर्षोल्लास और भव्यता के साथ संपन्न हुआ। इस समारोह ने न केवल बच्चों की शैक्षणिक उपलब्धियों का जश्न मनाया, बल्कि उन्हें अपनी कलात्मक प्रतिभा प्रदर्शित करने के लिए एक बड़ा मंच भी प्रदान किया। कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि पद्मश्री से अलंकृत एवं विकास भारती के सचिव अशोक भगत द्वारा दीप प्रज्ज्वलित कर किया गया। विद्यालय परिवार द्वारा मुख्य अतिथि को भगवान श्री गणेश की प्रतिमा भेंट कर उनका आत्मीय स्वागत किया गया। अपने संबोधन में पद्मश्री अशोक भगत ने कहा कि शिक्षा केवल किताबी ज्ञान तक सीमित नहीं होनी चाहिए, बाबा जी नें कहा की शिक्षा का असली उद्देश्य संस्कारवान बनना है। उन्होंने बच्चों से अपनी संस्कृति और जड़ों से जुड़े रहने का आह्वान किया और मेहनत व अनुशासन को सफलता की कुंजी बताया। समारोह का मुख्य आकर्षण बच्चों द्वारा प्रस्तुत रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रम रहे। नन्हे-मुन्ने बच्चों ने स्वागत गान और नृत्य के माध्यम से अतिथियों का अभिनंदन किया। बच्चों ने पारंपरिक लोक नृत्यों के जरिए झारखंड की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत और जल-जंगल-जमीन के महत्व को बखूबी दर्शाया। नाटकों के माध्यम से छात्रों ने शिक्षा के महत्व और सामाजिक कुरीतियों पर कड़ा प्रहार किया, जिसे देख दर्शक भावुक हो गए।सुरीले गीतों और समूह नृत्यों ने कार्यक्रम में चार चांद लगा दिए। विकास चिल्ड्रेन एकेडमी की प्रधानाचार्या छंदा पात्रा जी ने विद्यालय की प्रगति रिपोर्ट साझा की और बच्चों के उज्जवल भविष्य की कामना की।
प्राथमिक विद्यालय लेकोटोली में पाठ्य सामग्री बांटी, बच्चों को दिया पर्यावरण संरक्षण का संदेश
भास्कर न्यूज|भरनो/गुमला प्रखंड के प्राथमिक विद्यालय लेकोटोली में विहंगम योग संत समाज, गुमला एवं अक्षर फाउंडेशन के संयुक्त तत्वावधान में एक विशेष कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस दौरान स्कूली बच्चों के बीच पाठ्य सामग्री का वितरण किया गया, जिसे पाकर बच्चों के चेहरे खिल उठे। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए जिला संयोजक शिवदेव लोहरा ने बच्चों को शिक्षा के महत्व से अवगत कराया। उन्होंने कहा कि केवल किताबी ज्ञान पर्याप्त नहीं है, बल्कि जीवन में संस्कारयुक्त शिक्षा का होना अनिवार्य है। उन्होंने बच्चों को अनुशासित रहकर बेहतर भविष्य गढ़ने के लिए प्रेरित किया। पर्यावरण संरक्षण की दिशा में एक अनूठी पहल करते हुए संस्थान द्वारा बच्चों के बीच छोटे-छोटे गमले बांटे गए। बच्चों को न केवल गमले दिए गए, बल्कि उनमें बीज रोपण करवाकर उन्हें पौधों की देखभाल करने की शपथ भी दिलाई गई। शिवदेव लोहरा ने बच्चों को समझाते हुए कहा कि वृक्ष हमारे जीवन का आधार हैं और प्रत्येक छात्र को कम से कम एक पौधा लगाकर उसकी रक्षा करनी चाहिए। इस सेवा कार्य के अवसर पर समाज के कई गणमान्य लोग उपस्थित रहे। मुख्य रूप से सुखदेव लोहरा, प्रहलाद लोहरा, सोहदतार देवी, इंद्राणी कुमारी, त्रिलोक तिर्की शामिल थे। विद्यालय के प्रधानाध्यापक शिवनारायण महतो ने इस पहल की सराहना करते हुए अक्षर फाउंडेशन और विहंगम योग संत समाज का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि इस तरह के कार्यक्रमों से ग्रामीण क्षेत्र के बच्चों का मनोबल बढ़ता है और उनमें प्रकृति के प्रति प्रेम जागृत होता है।
समाजसेवी ने 123वीं बार किया रक्तदान
गुमला| स्थानीय निवासी और समाजसेवक अशोक त्रिपाठी ने अपने जन्मदिन को यादगार बनाते हुए मानवता की अनूठी मिसाल पेश की है। उन्होंने इस विशेष अवसर पर 123वीं बार रक्तदान कर जरूरतमंदों के जीवन बचाने का संकल्प दोहराया। त्रिपाठी पिछले कई वर्षों से नियमित रूप से रक्तदान कर रहे हैं। उनका मानना है कि जन्मदिन पर उपहार लेने के बजाय किसी को जीवन का उपहार देना सबसे बड़ी खुशी है। उन्होंने युवाओं से अपील की कि वे रक्तदान के प्रति भ्रांतियों को त्यागें और इस नेक कार्य के लिए आगे आएं। उनके इस जज्बे की स्वास्थ्य विभाग और स्थानीय लोगों ने खूब सराहना की है। मौके पर ब्लड बैंक प्रभारी डॉक्टर सुनील राम व राकेश सिंह थे।
बाइक सवार ने पैदल चल रहे ग्रामीण को मारी टक्कर, मौत
भरनो/गुमला|विकास की अंधी दौड़ और सड़कों पर बेकाबू रफ्तार ने रविवार की शाम एक और हंसते-खेलते परिवार को उजाड़ दिया। भरनो थाना क्षेत्र के एनएच-23 रांची–गुमला मुख्य मार्ग स्थित स्कूल चौक के समीप हुए एक भीषण सड़क हादसे में 50 वर्षीय सोमनाथ रजक की दर्दनाक मौत हो गई। इस हादसे ने न केवल एक मेहनतकश इंसान को छीन लिया, बल्कि तीन मासूम बच्चों के सिर से उनके पिता का आखिरी सहारा भी छीनकर उन्हें अनाथ कर दिया। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, घटना रविवार देर शाम की है। सिसई की ओर से भरनो की तरफ आ रही एक पल्सर बाइक पर सवार दो युवक बेहद तेज गति में थे। इसी दौरान, हाई स्कूल रोड निवासी सोमनाथ रजक स्कूल चौक के पास सर्विस रोड पर पैदल सड़क पार कर रहे थे। बाइक की रफ्तार इतनी अधिक थी कि चालक नियंत्रण खो बैठा और सोमनाथ को जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि सोमनाथ हवा में उछलकर सड़क पर दूर जा गिरे, जिससे उनके सिर और शरीर के अन्य हिस्सों में गंभीर चोटें आईं। हादसे के बाद मौके पर स्थानीय लोगों की भारी भीड़ जमा हो गई। आनन-फानन में पुलिस को सूचना दी गई और ग्रामीणों के सहयोग से घायल सोमनाथ को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र भरनो ले जाया गया। हालांकि, नियति को कुछ और ही मंजूर था; अस्पताल पहुंचने से पहले ही सोमनाथ ने दम तोड़ दिया।
गांजा के कारोबारी को जेल भेजा गया दो किलोग्राम गांजा बरामद हुआ था
कैरो|पुलिस अधीक्षक लोहरदगा के निशानदेही पर एक टीम गठित कर शनिवार शाम में कैरो उतका निवासी मनु साहू पिता स्व संजय प्रसाद साहू उम्र 26 वर्ष को 2 किलोग्राम गांजा के साथ गिरफ्तार कर कैरो थाना को सौंप दिया। कैरो थाना के द्वारा आवश्यक करवाई करते हुए रविवार को जेल भेज दिया हैं। पुलिस को गुप्त सूचना मिली थी कि कैरो उतका निवासी जो अपने उतका ग्राम स्थित इलेक्ट्रॉनिक दुकान पर टेबल के नीचे 02 किलोग्राम गांजा रखे हुए है। त्वरित सूचना पर टीम गठित की गई। जिसमे बतौर दंडाधिकारी कैरो अंचलाधिकारी कुमारी शीला उरांव, थाना प्रभारी कुंदन कुमार रवानी, एएसआई पीएंन गोप, दिलीप कुमार सिंह, एवं कैरो थाना के शसस्त्र बल ने मनु के इलेक्ट्रिक दुकान की छापेमारी की और टीम को टेबल के नीचे से 2 किलोग्राम गांजा बरामद हुआ। इस पर पुलिस ने मनु साहू को गिरफ्तार कर लिया और पुलिस ने अभियुक्त मनु कुमार को लोहरदगा मण्डल कारा भेज दिया हैं। गुमला|बिशुनपुर प्रखंड के कोयनार टोली निवासी गोपाल बड़ाइक ने एसपी हरिश बिन जमां को लिखित आवेदन देकर पत्नी पर मेडिकल दस्तावेज लेकर भाग जाने का आरोप लगाया है। गोपाल ने आवेदन के माध्यम से बताया है कि आठ फरवरी को बिशुनपुर प्रखंड में एक सड़क हादसे में वे दुर्घटनाग्रस्त हो गए थे। इसके बाद रात्रि में दो बजे ईलाज के लिए सदर अस्पताल में भर्ती कराया गया। सूचना मिलने के बाद दो बहन सदर अस्पताल में सेवा के िलए आई। जिसके बाद मेरी पत्नी राजमुनी देवी मुझे घायलावस्था में छोड़ गांव चली गई। जब गांव के लोगो द्वारा दबाव दिया गया तो वह 25 फरवरी को पुन: सदर अस्पताल पहुंच मुझे बेहतर ईलाज के लिए रांची के देवकमल अस्पताल ले गई। जहां पैसा के अभाव पर ईलाज नहीं हो पा रहा था, तो पुन: मुझे सदर अस्पताल गुमला में लाकर भर्ती कराई और इसके बाद मेरे पास रखा नगद 27 हजार 750 रुपए व मोबाइल वा मेडिकल दस्तावेज लेकर भाग गई। गोपाल ने बताया कि वह रिटार्यट फौजी है, वर्ष 2008 में रिटायर्ट करने के बाद शिक्षक के रूप में कार्य कर रहा है।
लोहरदगा में 8 मार्च तक बदले मौसम के बीच बारिश के बने रहेंगे आसार
भास्कर न्यूज|लोहरदगा जिलेभर में ऐसे तो बीते एक पखवारे से मौसम में बदलाव आने के बाद गर्मी बढ़ी थी। इस बीच बीते सप्ताह से बीच बीच में हवाओं से उतार चढ़ाव की स्थिति बनी थी। कभी ठंड में बढ़ोतरी तो कभी मौसम सामान्य बनी थी। इसी बीच रविवार को सुबह आसमान में बादल रहा। परंतु दिन चढ़ते ही धूप निकल आई। विभाग द्वारा बताया गया आगे अभी 10 मार्च तक मौसम में उतार चढ़ाव बना रहेगा। इस बीच मौसम ठंड गर्म होगा। फिलहाल 8 मार्च तक बदले मौसम के बीच बारिश के आसार बने रहेंगे। वहीं 10 मार्च को 70 प्रतिशत तक बारिश की संभावना बनी रहेगी। वहीं रंगों के त्योहार होली में धूप रहने की बात बतायी गई है। इस बीच हल्की फुल्की बारिश दोपहर बाद होने का अनुमान जताया गया है। रविवार को जिले का अधिकतम तापमान 27 डिग्री और न्यूनतम तापमान 14 डिग्री दर्ज किया गया। जो बीते एक सप्ताह की तुलना में एक से दो डिग्री कम रहा। आगे दोपहर में गर्म और सुबह, शाम शीतलहरी हवाओं का प्रवाह जारी रहेगा। आगे मार्च महीने में मौसम की स्थिति पर देखा जाए तो अधिकतम तापमान 34 डिग्री से अधिक जाने की बात बताई जा रही है। जिससे गर्मी में भी बढ़ोतरी होगी। इधर मौसम में हो रहे उतार-चढ़ाव से मौसमी बीमारियों के मरीज भी बढ़ गए हैं। खासकर बच्चों में पेट दर्द, बुखार, सर्दी खांसी की समस्या बढ़ गई है। इस दिशा में डॉ राजेश कुमार ने बताया कि अभी बदलते मौसम में बच्चों और बुजुर्गों को खास ध्यान देने की जरूरत है। वहीं खान पान में भी सतर्कता बरतने की जरूरत है। अभी जब तक मौसम पूरी तरह से स्टेबल नहीं हो जाती है।
अफवाहों पर ध्यान न दें, धार्मिक भावना आहत न करें : डीएसपी
भास्कर न्यूज|गिरिडीह गिरिडीह में आगामी होली पर्व को शांति और भाईचारे के माहौल में मनाने के लिए नगर और मुफ्फसिल थाना क्षेत्र में रविवार को शांति समिति की बैठकें की गईं। नगर थाना सभागार में हुई बैठक में सदर सीओ जीतेंद्र प्रसाद और हेडक्वार्टर डीएसपी वन नीरज कुमार सिंह मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित थे। बैठक की अध्यक्षता नगर थाना प्रभारी नीरज कुमार सिंह व संचालन लड्डू खान ने किया। डीएसपी ने कहा कि होली पर्व हर्षोल्लास और भाईचारे का पर्व है। उन्होंने निर्देश दिए कि शहर में शराब पीकर हुड़दंग करने वालों पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी और डीजे बजाने पर पूर्ण प्रतिबंध रहेगा। सभी चौक-चौराहों पर पुलिस बल तैनात रहेगा। उन्होंने नागरिकों से अपील की कि सोशल मीडिया पर अफवाहों पर ध्यान न दें और किसी भी संदिग्ध संदेश की सूचना तुरंत पुलिस को दें। सदर सीओ ने यह भी कहा कि होली और रमजान एक साथ चल रहे हैं, इसलिए दोनों समुदाय शांति और भाईचारे के साथ पर्व मनाएं, किसी को जबरन गुलाल न लगाएं। इसी तरह मुफ्फसिल थाना सभागार में भी बैठक आयोजित की गई, जिसमें मुख्य अतिथि के रूप में सदर बीडीओ गणेश कुमार रजक उपस्थित थे और बैठक की अध्यक्षता थाना प्रभारी श्याम किशोर महतो ने की। उन्होंने भी लोगों को होली और ईद की शुभकामनाएं देते हुए स्पष्ट किया कि शराब पीकर चौराहों पर हुड़दंग करने वालों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी, होलिका दहन केवल निर्धारित सुरक्षित स्थानों पर होगा, और थाना क्षेत्र के सभी संवेदनशील स्थानों पर पुलिस एवं दंडाधिकारी तैनात रहेंगे। बैठकों में वार्ड पार्षद अशोक राम, मो. डाभो, मो. गांधी, कमल साहु ,श्याम कुमार, मुखिया शिव नाथ थे। बड़की सरिया| होली पर्व को शांतिपूर्ण और सौहार्दपूर्ण तरीके से मनाने के लिए शांति समिति की बैठक की गई। अध्यक्षता बीडीओ ललित नारायण तिवारी व संचालन इंस्पेक्टर अजय कुमार ने किया। बीडीओ ने कहा िक होली के दौरान अश्लील गानों और डीजे के उपयोग पर पूर्ण प्रतिबंध रहेगा। किसी भी प्रकार की अफवाह फैलाने, हुड़दंग मचाने या अशांति पैदा करने वालों के खिलाफ कठोर कानूनी कार्रवाई की जाएगी। प्रशासन ने सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए संवेदनशील स्थानों पर अतिरिक्त पुलिस बल तैनात करने, दिन-रात गश्त बढ़ाने, अग्निशमन व्यवस्था, बिजली के सुरक्षित उपयोग और स्वयंसेवकों की सक्रिय भागीदारी जैसे उपायों की रूपरेखा प्रस्तुत की। सभी नागरिकों से अपील की कि होली को आपसी प्रेम, सद्भाव और भाईचारे के साथ मनाया जाए।
पपरवाटांड़ में पेयजल संकट, 50 घरों के लोग जर्जर खदान से पानी लाने को विवश
भास्कर न्यूज | गिरिडीह सदर प्रखंड के पपरवाटांड़ स्थित दलित टोला में पेयजल संकट गहराता जा रहा है। जिला समाहरणालय के नजदीक बसे इस टोले के लगभग 50 घरों के लोग स्वच्छ पानी के लिए गंभीर परेशानी झेल रहे हैं। हालात इतने खराब हैं कि ग्रामीण अपनी जान जोखिम में डालकर बंद और जर्जर पड़ी भूमिगत खदान से पानी लाने को विवश हैं। रविवार को पूर्व जिला परिषद सदस्य एवं ऑल इंडिया फॉरवर्ड ब्लॉक के जिला संयोजक ऑल इंडिया फॉरवर्ड ब्लॉक से जुड़े राजेश यादव ने रविवार को क्षेत्र का दौरा किया। उन्होंने स्थानीय ग्रामीणों से बातचीत कर उनकी समस्याएं सुनीं। उनके साथ सामाजिक कार्यकर्ता कन्हैया सिंह भी मौजूद थे। राजेश यादव ने बताया कि लगातार शिकायत और आवाज उठाए जाने के बावजूद अब तक प्रशासन की ओर से कोई ठोस पहल नहीं की गई है। वैकल्पिक व्यवस्था के तहत दूसरे चानक से जो पानी उपलब्ध कराया जा रहा है, वह पीने और भोजन बनाने योग्य नहीं है। ग्रामीणों का कहना है कि पानी की गुणवत्ता खराब होने के कारण उसका उपयोग दैनिक जरूरतों के लिए भी मुश्किल हो रहा है।यह अत्यंत गंभीर और संवेदनशील मामला है। प्रशासन को तत्काल संज्ञान लेते हुए स्थायी समाधान सुनिश्चित करना चाहिए। यदि शीघ्र कार्रवाई नहीं की गई तो वे पीड़ित परिवारों के साथ मिलकर आंदोलन करने को बाध्य होंगे। मौके पर चिंता देवी, उर्मिला देवी, पुरनी देवी, रामेश्वर तुरी, गणेश दास सहित कई स्थानीय ग्रामीण उपस्थित थे। ग्रामीणों ने प्रशासन से अविलंब शुद्ध पेयजल की व्यवस्था कराने की मांग की है, ताकि उन्हें जान जोखिम में डालकर पानी लाने की मजबूरी से मुक्ति मिल सके।
वार्ड 17 की नवनिर्वाचित पार्षद आरती देवी ने निकाली आभार-आशीर्वाद यात्रा
भास्कर न्यूज | गिरिडीह नगर निगम के वार्ड 17 की नवनिर्वाचित वार्ड पार्षद आरती देवी ने जीत पर आभार-आशीर्वाद यात्रा निकाली। यह यात्रा चंदौरी रोड स्थित उनके आवास से प्रारंभ होकर काली बाड़ी चौक, मकतपुर, शांति भवन रोड और टावर चौक होते हुए पुनः उनके आवास पर पहुंचकर संपन्न हुई। यात्रा के दौरान वार्डवासियों ने पार्षद का गर्मजोशी से स्वागत किया और उन्हें पुनः विजयी होने पर बधाई दी। इस अवसर पर आरती देवी ने कहा कि लगातार दूसरी बार मिली जीत जनता के विश्वास का प्रतीक है। उन्होंने कहा वार्ड की जनता ने जो जनसमर्थन और आशीर्वाद दिया है, उसके लिए वे आभारी हैं। वार्ड की सभी समस्याओं को दूर करने के लिए हरसंभव प्रयास करेंगी। आभार यात्रा में हब्लू गुप्ता, पिंटू तर्वे, अमित, तरुण गुप्ता, संजय कुमार, नीतीश आनंद, नितेश गुप्ता, सुनील, अर्चना, रेणु देवी, पिंकी विश्वकर्मा, रेखा देवी, मुन्नी देवी, शीला शर्मा, नेहा गुप्ता और ज्योति गुप्ता सहित कई गण्यमान्य लोग व वार्डवासी उपस्थित रहे। यात्रा के दौरान क्षेत्र में उत्साह का माहौल देखा गया और जगह-जगह लोगों ने पुष्प वर्षा कर पार्षद का अभिनंदन किया।
शहर को सुंदर और विकसित बनाने के लिए कई योजनाओं पर शुरू होगा काम
भास्कर न्यूज | गिरिडीह गिरिडीह में नगर निकाय चुनाव में विजयी झामुमो समर्थक नव निर्वाचित मेयर प्रमिला मेहरा और वार्ड पार्षदों के स्वागत समारोह का आयोजन रविवार को बस स्टैंड स्थित झामुमो कार्यालय में किया गया। समारोह में नगर निगम के 30 नव निर्वाचित वार्ड पार्षद मौजूद रहे। कार्यक्रम में राज्य के नगर विकास, उच्च शिक्षा और खेल-कूद मंत्री सुदिव्य कुमार सोनू, झामुमो जिला अध्यक्ष ने संयुक्त रूप से नव निर्वाचित मेयर और वार्ड पार्षदों को सम्मानित किया। नव निर्वाचित वार्ड पार्षदों में अनिल कुमार गुप्ता, सुमित गुप्ता, मो. लल्लू, बदरुन निशा, महबूब आलम अंसारी, मुन्ना रजवार, रंजीत यादव, अशोक राम, अजय रजक, हिना खानम, नरुल होदा, शगुफ्ता प्रवीण, बुलंद अख्तर, मो. इम्तियाज अली, नीलम झा, आरजू बानू, राशहद अख्तर, सरफराज अंसारी मौजूद थे। मंत्री ने कहा कि इस नगर निगम चुनाव में सभी वर्ग के लोगों ने झामुमो का समर्थन िकया। कहा कि गिरिडीह शहर को सुंदर और विकसित बनाने के लिए कई योजनाओं पर काम किया जाएगा। गिरिडीह में मरीन ड्राइव का निर्माण 14 करोड़ रुपए की राशि से निर्माण शीघ्र शुरू होगा। वहीं हर घर में शुद्ध पेयजल के 36 वार्डों के लिए 380 करोड़ की परियोजना तैयार है, जल्द धरातल पर उतारा जाएगा। नव निर्वाचित मेयर प्रमिला मेहरा ने कहा कि नगर निगम में अब झामुमो की सरकार होगी और शहर का नया स्वरूप दिखेगा। कहा कि भाजपा अब गिरिडीह में आनेवाली नहीं है। उन्होंने सभी नव निर्वाचित वार्ड पार्षदों से सहयोग की अपील की और शहरवासियों का धन्यवाद किया। झामुमो जिला अध्यक्ष संजय सिंह ने कहा कि मेयर चुनाव में प्रमिला मेहरा को सभी वर्गों का पूर्ण समर्थन मिला। समारोह में झामुमो जिला उपाध्यक्ष अजीत कुमार पप्पू, जिला युवा सचिव फरदीन अहमद, शहनवाज अंसारी, कमल दास, रॉकी सिंह सहित काफी लोग उपस्थित थे। गिरिडीह| नवनिर्वाचित मेयर प्रमिला मेहरा ने रविवार को शहर के स्टेशन रोड स्थित प्रधान गुरुद्वारा पहुंचकर मत्था टेका और आशीर्वाद लिया। इस दौरान उनके साथ झारखंड सरकार के मंत्री सुदिव्य कुमार सोनू भी मौजूद थे। इस अवसर पर गुरुद्वारा के मुख्य प्रधान सेवक डॉ. गुणवंत सिंह मोंगिया ने मेयर प्रमिला मेहरा और मंत्री सुदिव्य कुमार सोनू को सिरोपा भेंट कर सम्मानित किया। गुरुद्वारा प्रबंधन समिति के सदस्यों ने दोनों जनप्रतिनिधियों का स्वागत किया और शहर के सर्वांगीण विकास की अपेक्षा जताई।
बगोदर में चैती दुर्गा पूजा व रामनवमी को लेकर तैयारी शुरू
भास्कर न्यूज़ | बगोदर बगोदर प्रखंड के मंझीलाडीह गांव में रविवार को श्री श्री चैती दुर्गा पूजा सह रामनवमी पूजा समिति के पुनर्गठन को लेकर ग्रामीणों की बैठक की गई। सर्वसम्मति से जिप सदस्य दुर्गेश कुमार को वर्ष 2026 के लिए लगातार पांचवीं बार समिति का निर्विरोध अध्यक्ष चुना गया। मोतीलाल शर्मा को सचिव, शंकर साव को कोषाध्यक्ष, हीरालाल राम को उपाध्यक्ष, संजय राणा को उपकोषाध्यक्ष, सतेंद्र दास को उपसचिव तथा कृष्णदेव को सह सचिव चुना गया। वहीं लक्ष्मण मिस्त्री और सुजीत शर्मा को संरक्षक बनाया गया। पूजा एवं मेले के सफल संचालन के लिए 51 सदस्यीय कार्यकारिणी समिति का भी गठन किया गया। निर्णय लिया गया कि इस वर्ष मेले को और अधिक भव्य व आकर्षक स्वरूप दिया जाएगा। मेले में तारा माची, ब्रेकडांस, मीना बाजार, ड्रैगन झूला, टोरा-टोरा समेत विभिन्न मनोरंजन के साधन आकर्षण का केंद्र रहेंगे। नवनियुक्त अध्यक्ष दुर्गेश कुमार ने ग्रामीणों से पूजा व प्रस्तावित भव्य मंदिर निर्माण कार्य में बढ़-चढ़कर सहयोग करने की अपील की। उन्होंने मेला परिसर में नशा कर प्रवेश नहीं करने का आग्रह किया। साथ ही सर्वसम्मति से यह निर्णय लिया गया कि पूजा अवधि के दौरान पूरे गांव में मांस और मदिरा की बिक्री एवं सेवन पर पूर्ण प्रतिबंध रहेगा।
अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस की तैयारी को लेकर बैठक
भास्कर न्यूज | गिरिडीह भाकपा माले की ओर से महुआटांड़ और पीरटांड़ प्रखंड में 8 मार्च को अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस मनाने की तैयारियां शुरू हो गई हैं। महुआटांड़ प्रखंड कार्यालय में आयोजित बैठक में राजेश सिन्हा ने कहा कि महिलाएं सामाजिक कार्यों में पहले से ही सक्रिय हैं, अब राजनीतिक भागीदारी बढ़ाने की आवश्यकता है। उन्होंने महिलाओं को हर गांव में जोड़कर उनके मुद्दों को उजागर करने, संबंधित विभाग में आंदोलन करने और राजनीतिक एवं अधिकार संबंधी प्रशिक्षण शिविर आयोजित करने पर जोर दिया। कहा कि महिलाओं की समस्याओं और सुरक्षा के लिए कार्य जल्द ही दिखाई देगा। माले नेता कन्हाई पांडेय और मसूदन कोल ने कहा कि प्रखंड स्तर पर की गई बैठक पूरे गिरिडीह विधानसभा क्षेत्र में संदेश फैलाएगी। उन्होंने महिलाओं को उनके अधिकारों के लिए आवाज उठाने और संगठन में जोड़ने की आवश्यकता पर जोर दिया। इस पर लखन कोल, भीम कोल और सभी प्रखंड कमेटी ने सहमति व्यक्त की। माले नेत्री प्रीति भास्कर ने कहा कि नगर कमिटी भी अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस मनाएगी। उन्होंने बताया कि सारा साहिन के साथ बैठक शुरू कर दर्जनों महिलाओं को शामिल किया जाएगा। अजीत राय ने कहा कि पीरटांड़ और मधुबन क्षेत्र में भी अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस मनाया जाएगा और होली के पहले इसकी तैयारियां पूरी कर दी जाएंगी। बैठक में शामिल महिलाओं में हेमवती देवी, लीला देवी, बलसुमी देवी, गीता देवी, कसनी देवी, गुलाब देवी, शांति देवी, सोनारी देवी के साथ गुलाब कोल, लखन कोल, भीम कोल आदि थे।
भजपा का होली िमलन, शामिल हुए धनबाद सांसद
गिरिडीह|शास्त्रीनगर में भाजपा प्रदेश कार्यसमिति सदस्य सुरेश साव की ओर से रविवार को होली मिलन समारोह का आयोजन किया गया। जिसमें मुख्य अतिथि के रूप में धनबाद सांसद ढुल्लू महतो शामिल हुए। सांसद ढुल्लू महतो ने कहा कि तमाम मनभेद व मतभेद भूला कर सौहार्द के साथ होली का पर्व मना,। होली के त्योहार में लोग तमाम गिला शिकवा भूलकर एक दूसरे को गुलाल लगा गले मिलते हैं। नए वर्ष में सामाजिक, धर्मिक व राजनीतिक क्षेत्र में उर्जा व उमंग के साथ काम करना है। मौके पर पूर्व विधायक प्रो. जयप्रकाश वर्मा, मनोज सिंह, अमर कुमार सिन्हा, तुतुल घोष, अनूप कुमार सिन्हा, मनोज संगई, राजेश जायसवाल, मनोज तुरी, इनोद साव, सिंकू सिन्हा, श्रीकांत, राजेश गुप्ता, राम बाबू, नीलू सिन्हा, अनिल सिंह, अनिल वर्मा, टिंकू सिन्हा आदि उपस्थित थे।
पतंजलि परिवार का होली मिलन समारोह मेयर प्रमिला मेहरा को किया सम्मानित
भास्कर न्यूज | गिरिडीह होली के अवसर पर रविवार को पतंजलि परिवार की ओर से शहर के बक्शीडीह रोड स्थित पार्श्वनाथ आईटीआई परिसर में होली मिलन समारोह का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में पतंजलि परिवार से जुड़ी महिलाओं, पुरुषों और युवतियों की बड़ी संख्या में भागीदारी रही। सभी ने उत्साहपूर्वक एक-दूसरे को गुलाल लगाकर होली की शुभकामनाएं दीं और होली गीतों पर झूमते हुए पर्व का आनंद उठाया।कार्यक्रम की शुरुआत पतंजलि के पदाधिकारियों द्वारा नवनिर्वाचित महापौर प्रमिला मेहरा, पार्षद आरती देवी और संगीता कुमारी को सम्मानित कर की गई। पतंजलि के जिलाध्यक्ष नवीनकांत सिंह और संगठन मंत्री देवेंद्र सिंह ने कहा कि होली आपसी भाईचारे, प्रेम और सद्भाव का पर्व है। इसी भावना को मजबूत करने के उद्देश्य से प्रत्येक वर्ष पतंजलि परिवार की ओर से होली मिलन समारोह का आयोजन किया जाता है। कार्यक्रम में राजेंद्र कुमार सिंह, राजेंद्र बरनवाल, चंद्रहास कुमार, परमेंद्र कुमार, पुष्पा शक्ति, निर्मला देवी, राकेश सिंह, प्रभाकर कुमार सिंह, संजीव सिन्हा, उत्कर्ष भदानी, ललिता बरनवाल, डॉ. कुमारी निशा, अधिवक्ता सुनीता शर्मा, रीता सिंह, रेनु सिंह, मीना सिंह, निर्मला कौर, परमजीत कौर, सिम्मी वर्मा, रूपा जी, मनमीत कौर, सावित्री शरण, विभा सिंह सहित काफी संख्या में महिलाएं, पुरुष एवं बच्चे उपस्थित थे। समारोह सौहार्दपूर्ण वातावरण में संपन्न हुआ।
2 व 3 मार्च को होलिका दहन, 4 को मनेगी होली
भास्कर न्यूज |गिरिडीह होली को लेकर शहर से लेकर गांव तक बाजारों में रौनक बढ़ गई है। जगह-जगह रंग, गुलाल, अबीर और पिचकारियों की दुकानें सज चुकी हैं। 2, 3 मार्च को होलिका दहन तथा 4 मार्च को होली मनाई जाएगी। शहर के बड़ा चौक, तिरंगा चौक, गांधी चौक, मुस्लिम बाजार, कालीबाड़ी चौक, मकतपुर चौक, टावर चौक, अलकापुरी चौक, बोड़ो चौक, पचंबा हटिया रोड और भवानी चौक सहित विभिन्न स्थानों पर अस्थायी दुकानें लग गई हैं। इन दुकानों में रंग-बिरंगी पिचकारियां, मुखौटे और विभिन्न प्रकार के गुलाल सजे हैं, जो बच्चों और युवाओं को आकर्षित कर रहे हैं। दुकानदारों के अनुसार खिलौना, बंदूक और टैंक वाली पिचकारी की सबसे अधिक मांग है। डॉ. कुलदीप नारायण ने केमिकलयुक्त रंगों से बचने की अपील की है। उन्होंने कहा कि प्राकृतिक और हर्बल गुलाल से होली खेलने से त्वचा और स्वास्थ्य सुरक्षित रहते हैं।होली प्रेम, सौहार्द और पर्यावरण संरक्षण का संदेश देने वाला पर्व है, 10 से एक हजार रुपए तक की पिचकारी बाजार में, खुशबूदार गुलाल की मांग बढ़ी पिचकारियां 10 रुपए से लेकर 1000 रुपये तक उपलब्ध हैं, जबकि मुखौटे 50 से 200 रुपए तक बिक रहे हैं। इस वर्ष हर्बल गुलाल और प्राकृतिक अबीर की मांग में बढ़ोतरी देखी जा रही है। सामान्य गुलाल 35 से 100 रुपए तक मिल रहा है। बाजार में पांच ग्राम से लेकर 100 ग्राम तक के पैकेट उपलब्ध हैं। इसके अलावा कलर स्मोक, रंगीन गुब्बारे और खुशबूदार गुलाल की भी अच्छी खासी मांग है। होली नजदीक आते ही घरों से पकवानों की खुशबू आने लगी है। किराना दुकानों पर सुबह से शाम तक भीड़ देखी जा रही है। घी, रिफाइंड ऑयल, सूजी, मैदा, बेसन, दाल और इमली की बिक्री बढ़ गई है।
रेलवे ट्रैक पर मोबाइल से बात करते युवक ट्रेन की चपेट में आया, मौत
गिरिडीह |पचंबा थाना क्षेत्र के सलैया रेलवे स्टेशन पर रविवार की शाम में 30 वर्षीय सुमित सिन्हा ट्रेन की चपेट में आने से गंभीर रूप से घायल हो गए और शाम 5.30 बजे उसकी मौत हो गई। मृतक पचंबा थाना क्षेत्र के हटिया रोड का निवासी था। पुलिस के अनुसार, युवक मोबाइल पर बात करते हुए रेलवे ट्रैक पर घूम रहा था। इसी दौरान कोडरमा–मधुपुर पैसेंजर ट्रेन सलैया स्टेशन से गुजर रही थी। ट्रेन चालक ने काफी समय तक हार्न बजाकर चेतावनी दी, लेकिन युवक ट्रैक से नहीं हटा, जिस दौरान ट्रेन की चपेट में आ गया। पचंबा थाना प्रभारी राजीव कुमार ने बताया कि हादसे के बाद पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के िलए सदर अस्पताल भेज िदया है।
कोई बदलाव नहीं (रेट प्रति 10 ग्राम में, जीएसटी एक्स्ट्रा) (-000) (-000) .सदर अस्पताल ओपीडी : सुबह 9.00 बजे से अपराह्न के 1.00 बजे तक डॉ एहसान उत तौहीद अपराह्न के 1.00 बजे से रात्रि के 9.00 बजे तक डॉ रवि महर्षि डॉ फजल अहमद रात्रि के 9.00 बजे से सुबह के 9.00 बजे तक डॉ बिरेंद्र कुमार दिन 310 अधिकतम | रात 180 न्यूनतम तापमान में ज्यादा बदलाव नहीं होगा। गावां|गावां अस्पताल के पास एक बंद पड़े घर में अचानक आग लग जाने से 20 हजार रुपए की संपत्ति जल गई। कांग्रेस यादव के बंद घर से अचानक धुआं और आग की लपटें उठने लगीं। घर के अंदर पुआल और कीमती लकड़ियां रखी हुई थीं, जिसके कारण आग ने देखते ही देखते विकराल रूप ले लिया। आग की लपटें इतनी तेज थीं कि पास में स्थित अमृत राणा के घर को भी अपनी चपेट में लेने लगी। आसपास के लोगों ने आग बुझाने का प्रयास किया, लेकिन तेज लपटों के कारण उन्हें सफलता नहीं मिली। बाद में गावां थाना द्वारा खोरीमहुआ स्थित दमकल टीम को सूचना दी गई। सूचना मिलते ही दमकल की टीम मौके पर पहुंची और कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। जमुआ|जमुआ-पंचबा-चितर डीह मुख्य मार्ग पर रविवार दोपहर को चितरडीह पेट्रोल पंप के सामने स्कूटी और ब्रेजा कार में आमने-सामने टक्कर हो गई। इस घटना में स्कूटी सवार रानीखावा निवासी भीम सिंह को मामूली चोटें आईं। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, भीम सिंह चितरडीह से रानीखावा लौट रहे थे, जबकि गिरिडीह की ओर से ब्रेजा कार चालक रमेश चंद्रवंशी अपने घर देवरी जा रहे थे। इसी दौरान दोनों वाहनों की टक्कर हो गई। सूचना मिलते ही पंचायत समिति सदस्य प्रतिनिधि विकास यादव मौके पर पहुंचे और घायल भीम सिंह को तुरंत दुबे नर्सिंग होम में भर्ती कराया। प्राथमिक उपचार के बाद उन्हें घर भेज दिया गया। गिरिडीह|नगर थाना क्षेत्र के स्टेशन रोड स्थित नारायण शर्मा के टिंबर मिल में रविवार शाम करीब 7:30 बजे अचानक आग लग गई। आग लगने से मिल में रखी चार लाख रुपए मूल्य की लकड़ियां जलकर राख हो गईं। प्रारंभिक अनुमान के अनुसार करीब चार लाख रुपये से अधिक की क्षति होने की संभावना जताई जा रही है। घटना की सूचना मिलते ही अग्निशमन विभाग को जानकारी दी गई। सूचना पाकर अग्निशमन वाहन मौके पर पहुंचा और काफी मशक्कत के बाद आग पर काबू पा लिया। समाचार लिखे जाने तक आग लगने के कारणों का स्पष्ट पता नहीं चल सका है। टिंबर मिल संचालक ने बताया कि आग से चार लाख रुपये से अधिक का नुकसान हुआ है। आग कैसे लगी, इसकी जांच की जा रही है।
6 माह में होना था पूरा, पर 24 माह बाद भी अधूरी
भास्कर न्यूज|गिरिडीह मार्च 2024 में शुरू हुआ िगरिडीह-पचंबा फोरलेन का िनर्माण कार्य 6 माह में पूरा होना था, लेकिन 24 माह में भी पूरा नहीं हो पाया है। गिरिडीह शहर के टावर चौक से कल्याणडीह‑पचंबा तक बन रही फोर‑लेन सड़क अब भी न सिर्फ अधूरी है, बल्कि राहगीरों के लिए जानलेवा बनती जा रही है। जहां तहां छोड़-छोड़ कर काम किया गया है तो डिवाइडर टेढ़ा-मेढ़ा बना दिया गया है। जो दुर्घटना का कारण बन चुका है। यहां हर दूसरे दिन छोटी-बड़ी गाड़ियां दुर्घटनाओं का शिकार हो रही है। डिवाइडर व जहां-तहां क्रॉसिंग से चालकों का संतुलन बिगड़ता है और गाड़ी सीधा डिवाइडर पर चढ़ जाती है। इस फोरलेन की कठिन भरा सफर वाहन चालक रोजाना उठा रहे हैं। 39 करोड़ की लागत से बनने वाली 6.7 किलोमीटर लंबी इस परियोजना की स्वीकृति 2023 मंे मिली थी। नवादा के मनीषा कंस्ट्रक्शन को टेंडर मिला और मार्च 2023 में इसका शिलान्यास हुआ, जिसे सितंबर 2024 तक इसे पूरा करने का लक्ष्य था। लेकिन अभी तक निर्माण पूरा नहीं हो पाया है। सड़क का काम अब भी अधूरा पड़ा है। काम की गति इतनी धीमी है, कि कई स्थानों पर नाली निर्माण अधूरा है या बीच में बंद पड़ा हुआ है, जिससे जाम की समस्या आम हो गई है। पचंबा के रज्जाक चौक के पास करीब 200 मीटर सड़क अधूरा पड़ा है और वहां यातायात अक्सर प्रभावित रहता है। यहां सड़क के बीच में डिवाइडर बनाने के बजाय एक साइड में बनाकर दूसरी साइड को पगडंडी बना दिया गया है। लिहाजा यहां पार करने में लोगों को न सिर्फ मशक्कत करनी पड़ रही है, बल्कि सामने 11 दुकानदारों के लिए परेशानी का सबब बन गया है। होली और रमजान के अवसर पर शहर में लोगों की भीड़ बढ़ गई है, जिससे जाम और असुविधा और बढ़ गई है। वहीं पुराने जेल के पास नगर निगम के दुकानों को तोड़ दिया गया, लेकिन सड़क यहां पर भी अटकी हुई है।
ग्रामीणों ने जगमाझी माझी बाबाओं को पहनाई पगड़ी
धालभूमगढ़| घोषदा गांव में लफ़्सा हांसदा की अध्यक्षता में ग्रामीणों का एक बैठक की गई। इस बैठक में भारत जाकात माझी पारगाना महाल के चाकुलिया तरफ पारगाना परमेश्वर मांडी, दिसम पारानिक चंद्र मोहन मांडी मुख्य रूप से उपस्थित थे। इस बैठक में माझी बाबा शांखो टुडू, जगमाझी चांद हांसदा, पारानिक आलोप टुडू, नाइके सिंगराई मांडी, गोड़ेत शेखर सोरेन को पागड़ी पहना कर सम्मानित करते हुए अपना अपना पद का जिम्मेवारी निभाने के लिए कहा गया। इस मौके पर धार्मल मांडी, दाशराम हांसदा, परमेश्वर बास्के, सोमाय मांड़ी, मोहन सोरेन, जितेन मुर्मू आदी ग्रामीण उपस्थित थे।
सिरसा जिले के कालांवाली उपमंडल के गांव खोखर में रविवार को हुए डबल मर्डर केस में खुलासा हुआ है। पुलिस की प्राथमिक जांच में सामने आया है कि जिस दो कनाल भूमि का सौदा पूर्व सरपंच जरमल सिंह के परिवार से बिंदा सिंह ने आरोपी दूसरी पार्टी तोड़ा था। दरअसल, वह जमीन बिंदा अपने ही परिवार के पूर्व सरपंच को देना चाहता था, उनके बीच डील हो गई थी। इसलिए उसने दूसरी पार्टी मोती सिंह को जमीन बेचने से मना कर दिया। जानकारी के अनुसार, गांव खोखर में दो कनाल जमीन को लेकर दो पक्षों के बीच लंबे समय से विवाद चल रहा था। जमीन बेचने व लेने वाले एक परिवार से हैं, जिसने पहले जमीन खरीद के लिए सौदा किया था, वो मोती सिंह उनके गांव का है। सौदा कैंसिल करने के बाद मोती सिंह को पता चल गया कि ये जमीन पूर्व सरपंच जरमल सिंह खरीद रहा है और वो बात रास नहीं आई। जब रविवार सुबह करीब 8.30 बजे पूर्व सरपंच जरमल सिंह व उसका भतीजा दलजीत सिंह गांव में खेतों में बनी ढाणी से गांव की ओर आ रहे थे। बीच रास्ते मोती सिंह व उसके साथ 5-6 वहां बरछे, भाले व तेजधार हथियार लेकर वहां पहुंच गए और उनको वहीं पर घेर लिया। पहले उनकी आपस में जमीन का सौदा कैंसिल करवाने और खुद खरीदने को लेकर बहस हुई और बाद में सभी ने उन पर हमला कर दिया। बीच-बचाव में आए दो और परिवार के सदस्यों को चोटें आई है। पूर्व सरपंच जरमल सिंह को रास्ते के एक तरफ गेहूं फसल में और भतीजे दलजीत सिंह को मारकर फसल में दूसरी ओर गिरा दिया। सिलसिलेवार ढंग से जानिएं पूरा मामला पुलिस के अनुसार, पूर्व सरपंच जरमल सिंह और उनके परिवार की पुस्तैनी जमीन एक ही जगह पर है और कुछ परिवार खेतों में बनी ढाणियों में रहते हैं। पूर्व सरपंच जरमल सिंह के परिवार से बिंदा सिंह ने अपने हिस्से की दो कनाल भूमि गांव के रहने वाले मोती सिंह को बेचना तय कर लिया और इकरारनाम राशि ले ली। मगर बाद में वो जमीन बिंदा सिंह की पूर्व सरपंच जरमल सिंह को बेचने की डील कर ली और आपसी सहमति बन गई। इस पर बिंदा सिंह ने गांव के मोती सिंह को मना कर दिया। इसकी भनक मोती सिंह को जा लगी और पूर्व सरपंच को ये डील कैंसिल कराने पर शक हो गया। ये विवाद लगातार बढ़ता गया। रविवार सुबह करीब साढ़े 8 बजे मोती सिंह व उसके साथ वालों पूर्व सरपंच जरमल सिंह व उसके भतीजे दलजीत सिंह की हत्या को अंजाम दे दिया। इनके शरीर पर कई तेजधार हथिया से वार किए गए, जो आज मंगलवार को पोस्टमार्टम में पता चल पाएगा। पुलिस ने मोती सिंह सहित 5 अन्य पर केस दर्जइस मामले में कालांवाली पुलिस थाना प्रभारी सुनील कुमार का कहना है कि मृतकों के परिजनों के बयान पर आरोपी पक्ष से मोती सिंह सहित पांच अन्य पर केस दर्ज कर लिया है और मामले की जांच जारी है। रविवार को देर शाम होने के कारण दोनों के शवों का पोस्टमार्टम नहीं हो पाया। सोमवार को दोनों शव का पोस्टमार्टम होगा। आरोपी पक्ष से तीन लोगों को चोटें, बयान दर्ज नहीं किएपुलिस के अनुसार, आरोपी पक्ष मोती सिंह के साथ के तीन लोगों को चोटें आई है, जिनको डॉक्टरों ने अनफिट बताया है। ऐसे में पुलिस उनके बयान दर्ज नहीं कर पाई है। उनके बयान डॉक्टरों के अनुसार, सोमवार या मंगलवार को दर्ज किए जा सकते हैं। विवाद को पंचायत में समझाने का प्रयास किया, पर हत्या तक जाने का सोचा नहीं था : सरपंच प्रतिनिधिगांव के सरपंच प्रतिनिधि गुरप्रीत सिंह ने बताया कि यह मामला पहले पंचायत में आया था और आपसी समझौते की कोशिश की जा रही थी। इस विवाद को पंचायती स्तर पर सुलझाने के प्रयास भी किए जा रहे थे। गुरप्रीत सिंह ने कहा कि विवाद गंभीर था, लेकिन किसी को उम्मीद नहीं थी कि बात हत्या तक पहुंच जाएगी। ग्रामीणों का कहना है कि दोनों पक्षों में पिछले कुछ समय से तनाव बना हुआ था। कुछ ग्रामीणों का मानना है कि रविवार को कार्यक्रम में जाने की सूचना शायद दूसरे पक्ष को पहले से थी और इसी वजह से रास्ते में रोककर हमला किया गया। पुलिस ने जुटाएं साक्ष्यघटना की सूचना मिलने के बाद कालावाली थाना प्रभारी सुनील कुमार पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। डबल सीआई प्रभारी राजपाल भी अपनी टीम के साथ घटनास्थल पर पहुंचे। पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण कर सबूत जुटाए, जिसमें खून से सनी जमीन, मोटरसाइकिल और आसपास के हालात का बारीकी से मुआयना किया गया। पुलिस बोली, जल्द आरोपी काबू में होंगेइसके बाद दोनों शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है। मगर परिजनों के समय पर बयान दर्ज न होने से पोस्टमार्टम नहीं हो सका। पुलिस का कहना है कि आरोपियों को जल्द ही गिरफ्तार कर लिया जाएगा और उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
यमुनानगर जिले एक 21 वर्षीय युवक की हत्या करके उसका शव रेलवे ट्रैक के पास फेंकने के मामले में पुलिस ने अज्ञात के खिलाफ केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। सूत्रों के अनुसार पुलिस द्वारा युवक की गर्लफ्रेंड के साथ-साथ उसके परिजनों से भी सख्ती से पूछताछ की जा रही है। शव का आज यमुनानगर सिविल अस्पताल में पोस्टमार्टम कराया जाएगा, जिससी रिपोर्ट के आधार पर हत्या का कारण पता चलेगा। फिलहाल मामले की जांच में सीआईए की टीमें लगातार जुटी हुई हैं। उधर परिजन भी आरोपियों को जल्द से जल्द गिरफ्तार करने की मांग कर रहे हैं। ढाई साल पहले रिलेश्न में आया राजीव शंकरपुरी कॉलोनी छोटी लाइन निवासी हर्ष ने बताया कि उसका भाई राजीव करीब 2 साल पहले स्नेहा नाम की लड़की से संपर्क में आया था। स्नेहा किसी दुकान पर काम करती है। परिवार में स्नेहा के बारे में सबको पता था कि राजीव उससे बात करता है, लेकिन उनकी मुलाकात कैसे हुई इस बारे में उन्हें कोई जानकारी नहीं है। हालांकि उन्हें कहीं से पता चला था कि दोनों सोशल मीडिया के माध्यम से मिले थे, जिसके बाद उनके फोन नंबर एक्सचेंज हुए और लगातार बातें होने लगी। दोनों फिर मिलने भी लगे। करीब एक साल पहले राजीव ने स्नेहा के नाम का टैटू अपनी छाती पर गुदवाया। हर्ष का कहना है कि स्नेहा राजीव के साथ-साथ किसी अमित नाम के युवक के साथ भी करीब 12 साल के रिलेश्न में है। गर्लफ्रेंड के साथ हरिद्वार में मनाना चाहता था बर्थडे हर्ष ने बताया कि राजीव का रविवार को 21वां बर्थडे था। शुक्रवार की दोपहर करीब ढाई बजे घर से यह कहकर निकला था वह हरिद्वार जा रहा है। उस समय वह स्नेहा के पास था और उसका प्लान स्नेहा के साथ हरिद्वार में बर्थडे सेलिब्रेट करने का था। हर्ष घर से निकल गया, जिसके बाद से उसका फोन नंबर लगातार स्विच ऑफ आने लगा। उन्होंने उसकी काफी तलाश की, लेकिन कोई सुराग न मिलने पर फिर थाने में जाकर उसकी गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई। रविवार की सुबह उन्हें सूचना मिली कि राजीव की निर्मम हत्या कर उसका शव बाड़ी माजरा तीर्थ नगर क्षेत्र में रेलवे लाइन के पास फेंक दिया गया। मुंह में कपड़ा ठूंस कर होठ चिपका दिए थे पुलिस के अनुसार, शव की हालत बेहद खराब थी। मुंह में कपड़ा ठूंसा गया था और ऊपर से चिपकाने वाला पदार्थ (फेविकोल जैसा) लगाया गया था, जिससे होंठ चिपक गए थे। गले पर गहरे निशान मिले हैं, जिससे गला दबाकर हत्या किए जाने की बात सामने आई। मौके से एक दुपट्टा और कुछ दूरी पर युवक का एक जूता भी बरामद हुआ। मृतक के बड़े भाई हर्ष ने बताया कि राजीव डीजे की दुकान पर पिछले 8 साल से काम कर रहा था। वह परिवार का सहारा बना हुआ था। पिता का पहले ही निधन हो चुका है। तीन भाइयों और एक बहन में राजीव दूसरे नंबर पर था। उसकी मौत से परिवार में गहरा शोक छाया हुआ है। मां ज्योति ने जल्द से जल्द हत्यारोपियों को गिरफ्तार करने की मांग की है। अज्ञात के खिलाफ केस दर्ज कर, जांच तेज यमुनानगर सदर थाना प्रभारी सलिंद्र कुमार ने बताया कि परिजनों के बयान पर अज्ञात के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज कर लिया गया है। पुलिस की टीमें केस में लगातार जांच में जुटी हैं। राजीव के शव का आज सिविल अस्पताल यमुनानगर में पोस्टमार्टम कराया जाएगा। पोस्टमार्टम की रिपोर्ट आने के बाद मौत का असली कारण पता चलेगा। फिलहाल शव की गर्दन पर निशान मिले हैं, जिससे गला घोंटकर हत्या की आशंका जताई हा रही है। मुंह पर गोंद जैसा चीज मिली है वह क्या है इस बारे भी जांच में पता चलेगा। वहीं परिजनों द्वारा जिस युवती और युवक का जिक्र किया जा रहा है उनसे भी पूछताछ की जाएगी। जल्द की मामले में खुलाया किया जाएगा।
हरियाणा विद्यालय शिक्षा बोर्ड (BSEH) द्वारा 2 मार्च सोमवार को 12वीं कक्षा के भौतिक विज्ञान (फिजिक्स) और अर्थशास्त्र (इकोनॉमिक्स) विषय की परीक्षा आयोजित की जाएगी। 2 मार्च को 1 हजार 162 परीक्षा कें पर संचालित होने वाली भौतिक विज्ञान, अर्थशास्त्र और डीएलएड द्वितीय वर्ष रि-अपीयर विषय की परीक्षा में 88 हजार 426 परीक्षार्थी शामिल होंगे। बोर्ड (10वीं और 12वीं) परीक्षाओं में अभी तक हुए 4 एग्जाम में कुल 77 नकलची पकड़े जा चुके हैं। वहीं 10 से ज्यादा पर्यवेक्षकों को कार्यभार मुक्त किया जा चुका है। परीक्षा को नकल रहित करवाने के लिए बोर्ड द्वारा दावे किए जा रहे हैं और 320 उड़नदस्ते नियुक्त किए गए हैं। 10वीं और 12वीं की वार्षिक परीक्षाओं में प्रदेशभर में करीब 1 हजार 431 परीक्षा केंद्रों पर लगभग 5 लाख 66 हजार 411 परीक्षार्थी शामिल हो रहे हैं। जिसमें 2 लाख 96 हजार 593 लड़के और 2 लाख 69 हजार 818 लड़कियां शामिल हैं। केंद्र अधीक्षक उपस्थिति एवं यूएमसी रिपोर्ट लिंक पर करें अपडेटबोर्ड अधिकारियों ने सभी केंद्र अधीक्षकों को निर्देश देते हुए कहा कि इन परीक्षाओं के लिए सभी केंद्र अधीक्षकों को शिक्षा बोर्ड द्वारा तैयार किया गया लिंक उपलब्ध करवाया गया है। जिसमें सभी केंद्र अधीक्षक उनके केंद्र की प्रतिदिन की अनुपस्थिति और यूएमसी रिपोर्ट ऑनलाइन लिंक के माध्यम से भेजना सुनिश्चित करें। उन्होंने कहा कि बच्चों, उनके माता-पिता और अन्य नाते-रिश्तेदार को यह नहीं भूलना चाहिए कि आज प्रतियोगिता का युग है और ऐसे वक्त में समाज में अपना स्थान बनाने के लिए योग्यता का होना परमावश्यक है। इसमें नकल काम नहीं करेगी, अकल ही असल मायने में लाभकारी रहेगी। उन्होंने पुरजोर अपील की कि वे अपने बच्चों को सद्मार्ग पर चलना सिखाएं। उन्होंने कहा कि समाज में यह संदेश जाना चाहिए कि किसी भी सूरत में नकल नहीं होने दी जाएगी। परीक्षा की सूचिता को भंग करने वालो को सजा दी जाएगी।
ग्वालियर में सोमवार को होलिका दहन के साथ रंगों के त्योहार होली की शुरुआत की जाएगी। सबसे पहले शाम 6:30 बजे गुप्तेश्वर मंदिर, 7:00 बजे सनातन धर्म मंदिर और आखिर में शाम 7:30 बजे अचलेश्वर मंदिर में होलिका जलाई जाएगी। ग्वालियर की सबसे बड़ी होली सराफा बाजार में जलाई जाती है। इस बार भी यहां 25 हजार कंडों से लगभग 15 फीट ऊंची होलिका बनाई गई है। ग्वालियर में कुल 965 स्थानों पर होलिका दहन किया जाएगा। इनमें सराफा बाजार, अचलेश्वर महादेव मंदिर, सन, मोटे गणेश मंदिर और करौली माता मंदिर प्रमुख रहेंगे। सराफा बाजार में व्यापारियों द्वारा मुहूर्त में होलिका दहन शाम 7:00 किया जाएगा। 15 फीट ऊंची होली में होलिका की गोद में प्रह्लाद की प्रतिमा विराजित थी। जहां शहर के हजारों लोग इस विशेष होलिका दहन को देखने पहुंचते हैं। इस दिन होली के साथ-साथ जहां पर राधा कृष्ण का शुभ मुहूर्त और विशेष योग पंडित घनश्याम शास्त्री ने बताया- 2 मार्च को फाल्गुन शुक्ल पूर्णिमा शाम 5:55 बजे प्रारंभ होगी। पूर्णिमा के साथ ही भद्रा का भी आगमन हो जाएगा, जो अगले दिन 3 मार्च को सुबह करीब 5:28 तक रहेगी। शास्त्रों के अनुसार भद्रा काल में होलिका दहन वर्जित माना जाता है, किंतु इस बार 3 मार्च को पूर्णिमा प्रदोष व्यापिनी (शाम के समय) नहीं है इसलिए 2 मार्च को ही दहन शास्त्रोक्त है।होलिका दहन का शुभ मुहूर्त 2 मार्च की 6:21 बजे से 7:19 बजे तक रहेगा। वहीं सामान्य मुहूर्त रात्रि 2:37 से पूर्व तक रहेगा, इसके साथ वर्जित समय रात्रि 2:37 से 4:33 के मध्य दहन कदावी न करें। सनातन धर्म मंदिर में 3000 कंडों से जली होली शहर के प्रमुख सनातन धर्म मंदिर में परंपरा के अनुसार रात 7:00 बजे होलिका दहन किया जाएगा। यहां 3000 कंडों से बनी होली जलाई जाएगी। इस दौरान श्रद्धालुओं ने होलिका की परिक्रमा कर पूजा-अर्चना की और एक-दूसरे को गुलाल लगाकर शुभकामनाएं देंगे। होलिका दहन की यह होती हैं विधि ज्योतिष आचार्य घनश्याम शास्त्री के अनुसार, होलिका दहन से पहले लकड़ियों को कच्चे सूत से तीन या सात बार लपेटना चाहिए। इसके बाद गंगाजल या शुद्ध जल, फूल, कुमकुम, माला, रोली, अक्षत, बताशे, गुड़, साबुत हल्दी, गुलाल और नारियल से पूजा करनी चाहिए। पूजा के दौरान उत्तर या पूर्व दिशा की ओर मुख करके बैठना शुभ माना जाता है। हिंदू रीति-रिवाज में नवविवाहिता के लिए विशेष परंपरा शास्त्रों के अनुसार होलिका अष्टक के दौरान नवविवाहिता को ससुराल की पहली होली नहीं देखनी चाहिए। इसलिए परंपरा के अनुसार, ऐसी युवतियों को पहली होली मायके में मनाने की सलाह दी जाती है। ग्वालियर में होलिका दहन के साथ ही रंगों के इस उत्सव की शुरुआत हो गई है, जो अब रंग पंचमी तक जारी रहेगा।
खेत में निकलने वाला कचरा ही जब खाद और दवा का विकल्प बन जाए तो खेती की तस्वीर बदल जाती है। मंदसौर अंचल के रीछालाल मूहां गांव के रहने वाले प्रगतिशील किसान विनोद शिवराम पाटीदार ने ‘वेस्ट टू बेस्ट’ की इसी सोच को अपनाते हुए सब्जियों के छिलके, खराब फलों और जैविक अपशिष्ट से बायो वेस्ट डिकंपोजर तैयार कर लागत आधी कर दी। तीन बीघा जमीन में ओपन फार्म पद्धति से शिमला मिर्च सहित विभिन्न सब्जियों की खेती कर वे हर साल 10 लाख रुपए से अधिक का उत्पादन मूल्य प्राप्त कर रहे हैं। उनका कहना है कि यदि वैज्ञानिक प्रबंधन और जैविक विकल्पों पर ध्यान दिया जाए तो कम जमीन में भी सब्जी खेती बेहद लाभकारी बन सकती है। 7 हजार शिमला मिर्च के पौधे लगाए विनोद पाटीदार ने खेत में करीब 7 हजार शिमला मिर्च के पौधे लगा रखे हैं। सब्जी उत्पादन में सबसे बड़ी चुनौती रोग नियंत्रण की होती है, जिस पर रासायनिक दवाइयों का भारी खर्च आता है। वे बताते हैं कि पहले केवल शिमला मिर्च की फसल पर ही लगभग 2 लाख रुपए तक लागत आ जाती थी, जिसमें उर्वरक और दवाइयों का खर्च ज्यादा होता था। इसी दौरान उन्होंने तय किया कि खेत और घर से निकलने वाले जैविक कचरे का बेहतर उपयोग किया जाए। सब्जियों के छिलके, खराब फल और अन्य अपशिष्ट को एकत्र कर बायो वेस्ट डिकंपोजर बैग इंस्टाल किया। इस प्रक्रिया से तैयार घोल और खाद का उपयोग फसल में किया जाने लगा। लागत घटकर एक लाख रुपए रह गई परिणाम यह हुआ कि रासायनिक खाद और दवाइयों पर निर्भरता कम हो गई। अब कुल लागत घटकर लगभग 1 लाख रुपए रह गई है, जिसमें सिंचाई, बीज और अन्य आवश्यक खर्च शामिल हैं। यानी सीधे 50 प्रतिशत तक लागत में कमी आई। उत्पादन पर भी सकारात्मक असर पड़ा। बाजार में उचित दाम मिलने पर यह फसल 10 लाख रुपए तक का मूल्य दे देती है। किसान विनोद पाटीदार का कहना है कि हर किसान यदि एक गाय भी रखे तो उससे मिलने वाले गोबर और गोमूत्र के माध्यम से जैविक घोल, खाद और डिकंपोजर तैयार किए जा सकते हैं। इससे मिट्टी की सेहत सुधरती है और लागत घटती है।
इंदौर में 10वीं क्लास के स्टूडेंट का डीपफेक वीडियो बनाकर परिवार से 1 लाख से ज्यादा ठगने के मामले में क्राइम ब्रांच टेक्निकल एविडेंस कलेक्ट कर रही है। क्राइम ब्रांच की टीम को मामले में कई जानकारी और सुराग मिले हैं। जिस पर टीम काम कर रही है। संभवाना है कि अगले हफ्ते में टीम अलग-अलग जगह छापेमारी कर सकती है। दरअसल, इंदौर में 10वीं क्लास के छात्र की स्कूल की छुट्टियां होने पर परिवार ने उसे डांट दिया था। जिसके बाद वह ट्यूशन गया और वापस नहीं लौटा था। बच्चे के वापस नहीं लौटने पर परिवार ने उसके लापता होने की जानकारी, फोटो और कॉटेक्ट नंबर सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर डाल दिया था। बच्चे के लापता होने की शिकायत उन्होंने एमआईजी थाने में भी की थी। इधर, एक बदमाश ने बच्चे के फोटो का इस्तेमाल कर एक फेक वीडियो बनाया और परिवार के लोगों को वीडियो कॉल कर ऐसा बताया की बच्चे को उसने किडनैप कर रखा है। उसने बच्चे को चाकू मारते हुए दिखाया और डिमांड पूरी नहीं होने पर जान से मारने की धमकी भी दी। जिसके बाद बदमाश ने क्यूआर कोड भेजकर 1 लाख 2 हजार रुपए ठग लिए। अगले दिन जब छात्र ने अपने दोस्त को कॉल कर बताया कि वह सांवरिया सेठ में है। परिवार ने जब उससे बात की तो पता चला कि उसका किडनैप हुआ ही नहीं था। इस पर उन्होंने मामले की शिकायत की थी और क्राइम ब्रांच ने मामले में जांच शुरू की है। टेक्निकल एविडेंस निकाल रही टीम एडिशनल डीसीपी क्राइम ब्रांच राजेश दंडोतिया ने बताया कि इस मामले में क्राइम ब्रांच की टीम टेक्निकल एविडेंस निकाल रही है। इस पर टीम काम कर रही है। टेक्निकल एविडेंस मिलने के बाद संभवत: अगले हफ्ते टीम छापेमारी करने जा सकती है। बता दें क्राइम ब्रांच को ये जानकारी मिल चुकी है जिस नंबर से परिवार को कॉल किया था वह सिम हरियाणा की थी। जिस क्यूआर कोड से पैसा मंगवाया गया। वह यूपी के खाते में वह पैसा गया और बिहार के एक एटीएम से ये पैसा निकाला जा चुका है। क्राइम ब्रांच से बैंक खाते की जानकारी और एटीएम के फुटेज के लिए बैंक को ई-मेल भी किया जा चुका है।
इंदौर के पलासिया थाना क्षेत्र में हुई डॉक्टर के घर लाखों की चोरी अब एक सुनियोजित गैंग की साजिश लग रही है। दिनदहाड़े हुई इस वारदात में बदमाशों ने पहले रेकी की, फिर सूने फ्लैट को टारगेट कर कुछ ही मिनटों में पूरा घर खंगाल दिया। पूरी घटना CCTV में कैद है, लेकिन इसके बावजूद पुलिस अभी तक आरोपियों की पहचान नहीं कर पाई है। पुलिस जांच में सामने आया है कि बदमाशों को पहले से पता था कि फ्लैट में कोई मौजूद नहीं है। 25 फरवरी की दोपहर आश्रय अपार्टमेंट, मनोरमागंज स्थित फ्लैट नंबर 205 का ताला तोड़कर तीन आरोपी अंदर घुसे और सीधे अलमारी व कीमती सामान तक पहुंचे। इससे साफ है कि उन्हें घर की संरचना और सामान की लोकेशन की जानकारी थी। बदमाश अपने साथ आईफोन, सोने की चेन, झुमके, इयररिंग, ब्रेसलेट, लटकन, मोती का सेट, चूड़ियां, लक्ष्मीजी की सोने की मूर्ति और नगदी समेत लाखों का माल लेकर फरार हो गए। वारदात इतनी तेजी से की गई कि आसपास के लोगों को भनक तक नहीं लगी। मोबाइल में कैद हुए तीनों चेहरे पीड़ित के पति डॉ. रंजन मुखर्जी ने घर के CCTV कैमरे मोबाइल से कनेक्ट कर रखे थे। जब फुटेज देखा गया तो फ्लैट के बाहर और अंदर तीन संदिग्ध साफ नजर आए। ये फुटेज पुलिस को सौंप दिए गए हैं। जांच के दौरान पुलिस टीम संदिग्धों की तलाश में बांक टाडा तक पहुंची। माना जा रहा था कि फुटेज के आधार पर पहचान हो सकती है, लेकिन वहां कोई ठोस जानकारी नहीं मिली और टीम को लौटना पड़ा। बाहर के प्रोफेशनल गैंग पर शक पुलिस सूत्रों के मुताबिक, चोरी का तरीका प्रोफेशनल गैंग की ओर इशारा कर रहा है। आशंका है कि इसमें महाराष्ट्र या खरगोन के सक्रिय गिरोह शामिल हो सकते हैं, जो पहले भी इसी तरह की वारदातों को अंजाम दे चुके हैं। सबसे बड़ा सवाल यही है कि CCTV में चेहरे साफ दिखने के बावजूद पुलिस फुटेज सार्वजनिक क्यों नहीं कर रही। अधिकारियों का कहना है कि पहले आरोपियों की पहचान और गिरफ्तारी जरूरी है, ताकि वे सतर्क होकर फरार न हो जाएं।
भोपाल के नायब शहर काजी मौलाना अली कदर ने आयातुल्लाह खामेनेई की मौत पर कहा कि शहादत है मकसूद-ए-मोमिन, न माल-ए-गनीमत, न किश्वर कुशाई। यानी तारीख गवाही देती है कि शहादतें मज़ाहमत की क्यारी में खाद का काम करती हैं। मौलाना ने कहा- इतिहास इस बात का गवाह है कि कुर्बानियां तहरीकों को जिंदा रखती हैं। बहुत से लोगों के नजरियात और अकीदे मुख्तलिफ हो सकते हैं, लेकिन जब कोई अपनी तहरीक और मंजिल के लिए जान का नजराना पेश करता है तो उसे मंजिल भी हासिल होती है और उसका नजरिया भी फलता-फूलता है। भगत सिंह व टीपू सुल्तान का दिया उदाहरण उन्होंने कहा- चाहे भगत सिंह हों या टीपू सुल्तान, जिन्होंने अपने सिद्धांतों के लिए जान दी, वे आज भी इतिहास में जिंदा हैं। मौलाना ने महात्मा गांधी के उस कथन का भी जिक्र किया जिसमें 72 साथियों की मिसाल दी गई थी। मौलाना अली कदर ने कहा- मेरे नजरियात से अहले सुन्नत को इख्तिलाफ हो सकता है, इसमें कोई शक नहीं, लेकिन जिस शेर जैसी जिंदगी को जिया और जिस शेर जैसी मौत को गले लगाया, वह काबिल-ए-रश्क और काबिल-ए-मुबारकबाद है। एक बुजुर्ग और सियासी शख्सियत शहादत का जाम पीकर दुनिया से रुख्सत हुई है। महात्मा गांधी का संदर्भ और कर्बला की विरासत मौलाना ने महात्मा गांधी के उस कथन का हवाला दिया जिसमें 72 साथियों की मिसाल दी जाती है। उन्होंने कहा कि कर्बला से लेकर आज तक शहादतों ने समाज को संघर्ष की राह दिखाई है।
भोपाल की 29 शराब दुकानों की नीलामी आज:₹520 करोड़ रिजर्व प्राइस; 7 ग्रुप में बांटे गए हैं शराब के ठेके
भोपाल की 29 शराब दुकानों की नीलामी 2 मार्च को होगी। इसकी रिजर्व प्राइस करीब 520 करोड़ रुपए रखी गई है। वहीं, सभी 87 शराब ठेकों की रिजर्व प्राइस 1432 करोड़ रुपए है। प्रदेश में राज्य सरकार ने नई आबकारी नीति लागू कर दी है। नई व्यवस्था में शराब दुकानों को छोटे-छोटे समूहों में बांटा है। भोपाल की 87 दुकानों को 20 ग्रुप में बांटा है। जिनके आवंटन की प्रक्रिया ई-टेंडर के जरिए होगी। इनमें से 7 ग्रुप की 29 दुकानों के लिए पहले फेज में टेंडर की प्रोसेस शुरू की गई है। 2 मार्च को सुबह 10.30 से दोपहर 2 बजे तक टेंडर सबमिट होंगे। इसी दिन शाम 6 बजे से डिस्ट्रिक कमेटी की मौजूदगी में टेंडर खोलने की कार्रवाई होगी। ग्रुप वाइज में इतनी दुकानें इन ग्रुपों के लिए प्रक्रिया बागसेवनिया ग्रुप की 5 दुकान, हबीबगंज फाटक ग्रुप की 4 दुकान, भानपुर चौराहा ग्रुप की 5 दुकान, स्टेशन बजरिया ग्रुप की 5 दुकान, खजूरीकलां ग्रुप की 3 दुकान, जहांगीराबाद ग्रुप की 4 दुकान और गुनगा ग्रुप की 3 दुकानों के लिए यह टेंडर प्रक्रिया की जा रही है। 20% बढ़ी ठेके की कीमत वित्तीय वर्ष 2024-25 के लिए नीलामी की प्रक्रिया में ठेके 1193 करोड़ रुपए से ज्यादा में हुए थे, जो टारगेट से 11 प्रतिशत यानी, 120 करोड़ रुपए अधिक थे। इस बार 1432 करोड़ रुपए रिजर्व प्राइस रखी गई है। बता दें कि वर्तमान मूल्य में 20 प्रतिशत बढ़ोतरी कर आरक्षित मूल्य तय किया है। इसका असर अब समूहों की कीमतों पर दिखने लगा है। भोपाल में इस बार सबसे महंगा समूह पिपलानी का है। इसमें 4 दुकानें - पिपलानी, अयोध्या नगर, रत्नागिरी तिराहा और पटेल नगर हैं। 20 फीसदी आरक्षित मूल्य बढ़ने के बाद इस समूह की कीमत 127 करोड़ 77 लाख 60 हजार 551 रुपए हो गई है। इससे पहले वर्ष 2025-26 में इन दुकानों का वार्षिक मूल्य 106 करोड़ 48 लाख से ज्यादा था। इसी तरह बाग सेवनिया समूह की कीमत करीब 101 करोड़ से बढ़कर 121 करोड़ 89 लाख से ज्यादा हो गई है। आबकारी विभाग के अधिकारियों का कहना है कि नीति में किए गए बदलावों के आधार पर ही ई-टेंडर के जरिए दुकानों का आवंटन होगा। छोटे समूह बनाए जाने से ज्यादा बोलीदाता सामने आएंगे व सरकार को फायदा मिलेगा। इससे नए लोगों को भी भागीदारी का मौका मिलेगा। 239 करोड़ रुपए ज्यादा मिलेंगे विभाग की माने तो नई व्यवस्था से सरकार के खजाने में सीधे 238 करोड़ रुपए ज्यादा मिलेंगे। टेंडर फाइनल होने के बाद यह आंकड़ा और बढ़ सकता है।
भोपाल में एक 44 वर्षीय सुयश मल्होत्रा को अचानक सीने में दर्द हुआ। उन्हें एक निजी अस्पताल ले जाया गया। कोलेस्ट्रॉल और अन्य जांचें लगभग ठीक थीं, लेकिन रिपोर्ट में एक पैरामीटर ने तस्वीर बदल दी। मरीज का होमोसिस्टीन का स्तर काफी बढ़ा हुआ था। डॉक्टरों के अनुसार यही बढ़ा हुआ स्तर धमनी में थक्का बनने की वजह बना। इसी तरह 41 वर्षीय एक अन्य मरीज में भी हार्ट अटैक के बाद जांच में यही पैटर्न सामने आया। भोपाल में एम्स, हमीदिया अस्पताल और निजी अस्पतालों की कार्डियोलॉजी ओपीडी में आ रहे युवा मरीजों की रिपोर्ट बताती है कि हर 10 में से 8 मरीजों में विटामिन डी और बी12 की कमी मिल रही है। यही कमी होमोसिस्टीन बढ़ाकर हृदय, मस्तिष्क और अन्य अंगों को प्रभावित कर रही है। वरिष्ठ कार्डियोलॉजिस्ट डॉ. किसलय श्रीवास्तव का कहना है कि यह अलार्म है। अब जीवनशैली को लेकर अलर्ट होना जरूरी है। हर 10 में से 8 मरीजों में विटामिन की कमी डॉ. श्रीवस्तव के अनुसार, मरीजों की जांच रिपोर्ट में एक समान स्थिति दिख रही है। करीब 70 से 80 प्रतिशत मरीजों में विटामिन डी और विटामिन बी-12 का स्तर सामान्य से काफी कम पाया जा रहा है। यह कमी केवल बुजुर्गों तक सीमित नहीं है। बल्कि, 22 साल से 45 साल आयु वर्ग के मरीजों में भी विटामिन की कमी और बढ़ा हुआ होमोसिस्टीन स्तर मिल रहा है। समझें होमोसिस्टीन पर नजर रखना क्यों जरूरी होमोसिस्टीन एक अमीनो एसिड है, जो शरीर में विटामिन बी-12 और फोलिक एसिड की कमी होने पर बढ़ जाता है। इसकी सामान्य सीमा 5 से 15 माइ्रोमोल प्रति लीटर होती है। 50 या उससे अधिक स्तर होने पर स्थिति अत्यंत गंभीर मानी जाती है। वरिष्ठ हृदय रोग विशेषज्ञ डॉ. किसलय श्रीवास्तव बताते हैं कि हार्ट अटैक के लगभग 60 प्रतिशत मामलों में होमोसिस्टीन का स्तर बढ़ा हुआ पाया गया। यह धमनियों की भीतरी परत को नुकसान पहुंचाता है और रक्त का थक्का बनने की संभावना बढ़ाता है। विटामिन डी और बी12 की कमी से अंगों पर असर 1. हृदय (Heart): धमनियों में सूजन और ब्लॉकेज का खतरा बढ़ता है।2. मस्तिष्क (Brain): स्ट्रोक की आशंका बढ़ सकती है।3. किडनी: लंबे समय तक उच्च होमोसिस्टीन स्तर से किडनी की कार्य क्षमता प्रभावित हो सकती है।4. नसें (Nerves): हाथ-पैरों में झुनझुनी, सुन्नपन और संतुलन बिगड़ना।5. हड्डियां: विटामिन डी की कमी से हड्डियां कमजोर और फ्रैक्चर का खतरा।6. फेफड़े: रक्त प्रवाह में गड़बड़ी से ऑक्सीजन सप्लाई प्रभावित हो सकती है। बिगड़ती जीवनशैली है प्रमुख कारण डॉ. किसलय श्रीवास्तव के अनुसार कोविड के बाद युवाओं में हार्ट डिजीज के मामले तेजी से बढ़े हैं। पहले लोग दैनिक जीवन में अधिक सक्रिय थे, लेकिन अब शारीरिक गतिविधि कम हो गई है। जंक फूड, धूप में कम समय बिताना, अनियमित दिनचर्या और तनाव ये सभी विटामिन की कमी को बढ़ा रहे हैं। आयुर्वेद के प्रोफेसर डॉ. नितिन उज्जलिया बताते हैं कि विटामिन बी12 कई खाद्य पदार्थों में पाया जाता है, लेकिन पानी में घुलनशील होने के कारण पकाने की गलत विधि से इसकी मात्रा कम हो जाती है। जांच और सावधानियां 30 वर्ष की उम्र के बाद नियमित अंतराल पर होमोसिस्टीन, लिपोप्रोटीन (a), विटामिन, बीपी, शुगर, किडनी और लीवर फंक्शन की जांच जरूरी है। बचाव के उपाय: युवा हाई रिस्क में, वलनरेबल ब्लॉक बन रहे जानलेवा गांधी मेडिकल कॉलेज के कार्डियोलॉजी विभाग के प्रोफेसर डॉ. अजय शर्मा ने कहा कि ह्रदय रोगियों की संख्या बढ़ी है। चिंता की बात यह है कि इनमें एक बड़ी संख्या कम आयु के मरीजों की है। पांच साल पहले की तुलना में वर्तमान में 20 से 40 साल की आयु के पुरुष और महिलाओं में सडन कार्डियक अरेस्ट और हार्ट अटैक के केस बढ़े हैं। डॉ. शर्मा के अनुसार, इन पांच साल में अवेयरनेस बढ़ी है। हर आयु के लोग अब नॉर्मल टेस्ट करा रहे हैं, जिनमें इसीजी, ईको कार्डियोग्राम, ट्रेडमिल टेस्ट, लिपिड प्रोफाइल समेत अन्य शामिल हैं। यह टेस्ट यदि नॉर्मल आते हैं तो फिजिशियन बोल देते हैं कि टेस्ट नॉर्मल है। चिंता की कोई बात नहीं है। हम देख रहें हैं कि यह पेशेंट भी सडन कार्डियक अरेस्ट के लिए ससेप्टिबल होते हैं। जो टेस्ट हैं वो आपके दिल में ब्लॉकेज को तब आइडेंटिफाई करते हैं जब उनका स्तर 80 प्रतिशत से अधिक हो। यदि ब्लॉकेज 20 से 30 प्रतिशत हैं तो इन टेस्ट में सब नॉर्मल दिखता है। जबकि यह जो 20 से 30 प्रतिशत के ब्लॉक होते हैं। इन्हें वलनरेबल ब्लॉक कहा जाता है, जिनमें यह ब्लॉकेज हैं, उनमें सडन इमोशनल स्ट्रेस हुआ तो यह अचानक रप्चर कर जाते हैं। जिससे यह आर्टरीज (खून की नस) को ब्लॉक कर देते हैं। जो सडन कार्डियक अरेस्ट या हार्ट अटैक का कारण बनता है। यह खबर भी पढ़ें… भोपाल के सरकारी अस्पतालों में 23% डॉक्टरों के पद खाली भोपाल में सरकारी स्वास्थ्य व्यवस्था का एक चिंताजनक सच सामने आया है। जिला स्वास्थ्य विभाग के तहत संचालित अस्पतालों में 23% डॉक्टरों के पद खाली हैं। सबसे हैरानी की बात यह है कि आज तक एक भी स्किन स्पेशलिस्ट की नियुक्ति नहीं हो सकी। पूरी खबर यहां पढ़ें...
मार्च का मिजाज 11 साल से एक जैसा:शुरुआती 10 दिन राहतभरे रहेंगे, रात से सुबह रहेगा ठंडापन
अजय कुमार शुक्ला, मौसम विशेषज्ञ फरवरी खत्म होने के साथ ही मार्च से गर्मी का आगमन हो जाता है, लेकिन इस बार मार्च के शुरुआती 10-11 दिन राहतभरे रह सकते हैं। देर रात से लेकर सुबह 8-9 बजे तक मौसम में ठंडापन रहेगा। तापमान सामान्य के करीब ही रहेगा। सुबह 10 से शाम 4 बजे तक धूप तेज महसूस होगी, लेकिन फिर ठंडापन महसूस होगा। दरअसल, पिछले 11 साल से मार्च का मिजाज ऐसा रहा है कि 24 से 31 मार्च के बीच ही तेज गर्मी का अहसास हुआ है और इसी दौरान अधिकतम तापमान उच्चतम स्तर तक पहुंचा है। अभी दिन का तापमान 31-32 डिग्री के बीच ही रहेगा। न्यूनतम तापमान अप्रत्याशित रूप से कम रिकॉर्ड हुआ है। शनिवार रात को पारा औसत से 3 डिग्री कम रहकर 11.3 डिग्री दर्ज किया गया, जबकि शुक्रवार रात को 12.5 डिग्री था। रात में अभी भी हलकी ठंडक का अहसास होता है। सुबह 8 बजे तक ठंडक महसूस होती है। धूप निकलने पर सुबह 10 बजे बाद ही मौसम में गर्माहट आती है। विक्षोभ सक्रिय हो जाने से दोपहर में हलके बादल छा रहेइसका असर यह होगा कि रात से अगले दिन सुबह 9 बजे तक भी मौसम ठंडा रहेगा। इसके बाद धूप न केवल तेज होगी, तापमान भी बढ़कर 30 डिग्री या इससे ज्यादा हो जाएगा। मार्च के शुरुआती 10 दिनों में भी दिन-रात का तापमान सामान्य रहता है, लेकिन पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय हो जाने से दोपहर में हलके बादल छा रहे हैं। हवा भी पश्चिमी हो गई है। इस वजह से गर्मी तेज महसूस हो रही है, तापमान भी बहुत ज्यादा रिकॉर्ड हो रहा है। दो साल से बदला हुआ ट्रेंड, रात का पारा 9-10 डिग्री तकमार्च में ठंड की बात की जाए तो पिछले दो साल से मार्च में रात का पारा 10 डिग्री या उससे कम रिकॉर्ड हुआ है। 2024 में 4 मार्च को 9 डिग्री तो 2025 में 6 मार्च को 10.8 डिग्री तापमान रिकॉर्ड हुआ है। रविवार को भी मौसम में सुबह के वक्त ठंडापन था। मार्च का मिजाज28 मार्च 1892 को 41.1 डिग्री अधिकतम तापमान का उच्च स्तर 04 मार्च 1898 को 5 डिग्री रात के तापमान का निम्न स्तर 2015 में 48.8 मिलीमीटर कुल वर्षा हुई है 22.6 मिमी बारिश 14 मार्च को हुई है, जो रिकॉर्ड है
स्ट्रेचर, व्हीलचेयर खुद धका पाएं, तो ही मरीजों को एमवायएच ले जाएं
इंदौर। एमवाय अस्पताल में व्यवस्थाएं बीमार हैं। चूहे, बिल्लियों से संक्रमण का खतरा तो है ही, गंभीर मरीजों को कैजुअल्टी, वार्ड या ओपीडी में ले जाने वाले कर्मचारी भी नहीं हैं। रविवार को अस्पताल के दो वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुए। परिजन खुद मरीजों को स्ट्रेचर और व्हीलचेयर पर ले जाते नजर आए। स्ट्रेचर और व्हीलचेयर दोनों अस्पताल के ही थे, लेकिन उन्हें ले जाने के लिए कोई कर्मचारी मौजूद नहीं था। वीडियो सामने आने के बाद अस्पताल प्रशासन हरकत में आया। कैजुअल्टी इंचार्ज और आउटसोर्सिंग कंपनी के इंचार्ज को नोटिस जारी किया है। अधीक्षक डॉ. अशोक यादव ने बताया मामला संज्ञान में है। वीडियो शनिवार का बताया जा रहा है। स्ट्रेचर वाला मरीज ओपीडी से कैजुअल्टी की ओर लाया जा रहा था। जैसे ही वार्ड बॉय ने देखा, वह मौके पर पहुंचा और मरीज को अंदर ले गया। दूसरे वीडियो में व्हीलचेयर पर लाया गया मरीज एम्बुलेंस द्वारा गेट पर छोड़ा गया था। परिजन उसे कैजुअल्टी तक लेकर पहुंचे। इसके बाद अस्पताल स्टाफ ने मरीज को अंदर भर्ती किया। ओपीडी में कर्मचारियों की कोई व्यवस्था नहीं मरीजों के लिए कैजुअल्टी में तीन शिफ्ट में 8-8 कर्मचारी तैनात रहते हैं। यहां गंभीर और इमरजेंसी मरीजों के कारण स्ट्रेचर व व्हीलचेयर के साथ स्टाफ उपलब्ध रहता है। वहीं ओपीडी में ऐसी कोई नियमित व्यवस्था नहीं है। यहां एक सहायता संस्था द्वारा स्ट्रेचर और व्हीलचेयर उपलब्ध कराए गए हैं, ताकि जरूरत पड़ने पर उनका उपयोग किया जा सके।
दिसंबर 2025 में फूड एंड सेफ्टी डिपार्टमेंट ने राजस्थान में ईट राइट ड्राइव चलाया। इसमें केक, पेस्ट्री, चिप्स, चॉकलेट, नूडल्स और स्ट्रीट फूड सहित 670 सैंपल की जांच की गई। इनमें 11.19% फूड प्रोडक्ट तय मानकों पर खरे नहीं उतरे। रिपोर्ट में पाया गया कि केक-आइसक्रीम जैसे कई प्रोडक्ट्स में सिंथेटिक रंगों का इस्तेमाल तय सीमा से बहुत ज्यादा था, जो बच्चे की मेंटल और फिजिकल हेल्थ बिगाड़ सकता है। पढ़िए पूरी रिपोर्ट… प्रदेश के फूड सेफ्टी एंड ड्रग कंट्रोलर कमिश्नरेट की ओर से 1 से 31 दिसंबर तक अभियान चलाया गया। इसका मकसद ये जांचना था कि बच्चों को परोसा जा रहा खाना सुरक्षित है या नहीं? तय मानकों के अनुसार और सही जानकारी के साथ बेचा जा रहा है या नहीं? अलग-अलग टीमों ने प्रदेशभर से 670 सैंपल लिए। इसमें बिस्किट, केक, कोल्ड ड्रिंक्स, समोसे-कचौरी जैसे स्ट्रीट फूड, आइसक्रीम, कॉटन कैंडी और मिठाइयां शामिल थीं। इन सैंपल की अजमेर, अलवर, बांसवाड़ा, भरतपुर, बीकानेर, जयपुर, जोधपुर, कोटा और उदयपुर की लैब्स में जांच कराई गई। 670 में से 75 सैंपल (11.19%) में कमियां पाई गईं। कमियों को 3 कैटेगिरी में बांटा सबसे ज्यादा रिस्क किस खाने में? दिमाग को नुकसान पहुंचाने वाले रंगों का इस्तेमाल राहत की बात…छोटे बच्चों को दिए जाने वाले प्रोडक्ट्स में किसी प्रकार की कमियां नहीं पाई गईं। जांच में ये साफ किया गया है कि शिशु आहार और न्यूट्रास्यूटिकल्स के सैंपल सुरक्षित पाए गए। भरतपुर में सबसे ज्यादा 29% सैंपल फेलइस स्टडी के नतीजों में प्रदेश के अलग-अलग जिलों के बीच काफी अंतर देखने को मिला। भरतपुर में सबसे ज्यादा 29.41% सैंपल फेल हुए। उदयपुर, जोधपुर और जालोर में भी औसत से ज्यादा सैंपल मानकों पर खरे नहीं उतरे। इसके अलावा बांसवाड़ा, अलवर और अजमेर में भी कुछ सैंपल फेल हुए हैं। कोटा के सैंपल सबसे सुरक्षित पाए गए। फूड सेफ्टी डिपार्टमेंट की कमिश्नर डॉ. टी शुभमंगला ने बताया कि प्रमुख सचिव गायत्री राठौड़ के निर्देश पर ये स्टडी गई गई। जांच रिपोर्ट आने के बाद कार्रवाई भी की गई है। उन्होंने कहा- बच्चों को फ्रेश होम कुक्ड फूड ही दिया जाना चाहिए। इसके अलावा अगर कोई प्रोडक्ट खरीदा जाए तो उसमें कंटेंट देखने के साथ ही एक्सपायरी डेट भी देखनी चाहिए।
शहर में यातायात व्यवस्था को बेहतर, सुचारु, सुरक्षित और व्यवस्थित बनाने के लिए ट्रैफिक पुलिस ने हफ्तेभर से ‘नो पार्किंग’ नाम से अभियान चला रखा है। इसके तहत चारों जोन में विशेष पेट्रोलिंग टीमें लगातार कार्रवाई कर रही हैं। टीमों ने शहर की प्रमुख सड़कों पर 8 दिन में कार्रवाई करते हुए 1312 वाहनों के चालान बनाए व 10 हजार गाड़ियां हटाईं। इससे सड़कें चौड़ी दिखने लगी हैं। प्रभारी डीसीपी राजेश त्रिपाठी ने बताया कि 8 दिन से हमारा फोकस शहर की सड़कों से अतिक्रमण व नो पार्किंग में खड़े वाहनों को हटाने पर है। यातायात जोन-1: कालानी नगर, एयरपोर्ट रोड, बड़ा गणपति से गौराकुंड, इमली बाजार, अंतिम चौराहा, मरीमाता से बाणगंगा तक।यातायात जोन-2: मालवा मिल से पाटनीपुरा, भमोरी, एलआईजी, रसोमा, मेदांता रोड, विजयनगर क्षेत्र।यातायात जोन-3: जेल रोड, एमटीएच, आरएनटी मार्ग, एमजी रोड, व्हाइट चर्च से दवा बाजार, मधुमिलन, जंजीरावाला, पलासिया से व्हाइट चर्च, घंटाघर से गीताभवन सड़क के दोनों ओर।यातायात जोन-4: सपना संगीता, टॉवर चौराहा से खातीवाला टैंक, सिंधी कॉलोनी, राजबाड़ा क्षेत्र, जवाहर मार्ग, खजूरी बाजार, सराफा क्षेत्र, भंवरकुआं से भोलाराम उस्ताद मार्ग। अवैध पार्किंग पर भी सख्तीअफसरों का कहना है हमारा उद्देश्य व्यस्त मार्गों, प्रमुख बाजारों और यातायात दबाव वाले स्थानों पर अवैध और अव्यवस्थित पार्किंग पर नियंत्रण कर यातायात को सुगम बनाना है। इस अभियान में हमारी टीमों द्वारा पहले वाहन चालकों को समझाइश और चेतावनी दी जाती है, उसके बाद भी उल्लंघन करने वालों पर व्हील लॉक और क्रेन से कार्रवाई की जाती है। इस दौरान यातायात अधिकारी व्यापारियों और रहवासियों के साथ लगातार बैठकें कर नागरिकों से निर्धारित पार्किंग स्थलों का उपयोग करने की अपील की जा रही है।
अच्छा प्रयास:8 बंजर पहाड़ियों की बदलेगी रंगत, पांच लाख पौधे लगाकर हरा-भरा किया जाएगा
अवैध मुरम के नाम पर उजाड़ी जा रही शहर के आसपास की आठ बंजर पहाड़ियों की रंगत इस साल बदली जाएगी। स्कूल, कॉलेज, एनजीओ, बीएसएफ, सशस्त्र बलों के जवानों की मदद से इन पथरीली पहाड़ियों को पानीदार बनाने के लिए कंटूर खोदे जाएंगे। जुलाई से अक्टूबर के बीच यहां हरियाली महोत्सव चलाया जाएगा। पितृ पर्वत की तरह लोग इन पहाड़ियों पर पौधे लगाकर उनकी देखभाल कर सकेंगे। यहां 5 लाख पौधे रोपे जाएंगे। डीएफओ लाल सुधाकर सिंह के मुताबिक अभी आठ पहाड़ियां चिह्नित की गई हैं। महू, मानपुर, चोरल क्षेत्र में भी ऐसे स्थान मिलते हैं तो इनकी संख्या बढ़ाई जा सकती है। सबसे पहले इन पहाड़ियों पर तार फेंसिंग की जाएगी। मजदूरों की मदद से जगह-जगह छोटे कंटूर बनाए जाएंगे ताकि पहाड़ी से बहकर पानी अंदर चला जाए। देवगुराड़िया में पहले यह प्रयोग किया गया था। इसका नतीजा यह हुआ कि अब यहां सालभर हरियाली दिखती है। नीचे बने तालाब में भी जनवरी तक पानी रहता है। जून-जुलाई में इन पहाड़ियों पर चलेगा पौधारोपण अभियान रेंजर संगीता ठाकुर के मुताबिक दतुनी, रणभंवर, रेणुका, असरावद, उमरिया, पालिया, माचल, सांवेर स्थित कुछ छोटी पहाड़ियों को अभियान चलाकर हरा-भरा किया जाएगा। दतुनी में काम शुरू कर दिया है। रेणुका और रणभंवर की तार फेंसिंग की गई है। मई-जून से पौधों के लिए गड्डे खोदना शुरू किए जाएंगे। गर्मी में मिट्टी का ट्रीटमेंट धूप से हो जाएगा तो पौधों के पनपने के आसार और बढ़ जाएंगे। कोर्ट के आदेश के बाद भी खनन जारी इंदौर खंडपीठ के तत्कालीन प्रशासनिक जज सतीशचंद्र शर्मा की खंडपीठ ने इंदौर के साथ ही देवास जिले तक की पहाड़ियों को खनन के नाम पर खत्म किए जाने को लेकर बड़ा फैसला सुनाया था। खनिज विभाग को आदेश दिए थे कि तत्काल प्रभाव से खनन बंद कराया जाए। देपालपुर, सांवेर, हातोद तरफ सभी खदानें बंद कर दी गई थीं, लेकिन पिछले एक-दो साल से फिर जमकर खनन हो रहा है। निर्माणाधीन सड़कों का भराव आसपास की पहाड़ियों को खोदकर किया जा रहा है। चोरल में भी चलेगा अभियान रेंजर सचिन वर्मा के मुताबिक 12 हजार हेक्टेयर में रेंज फैली है। यहां पर खाली वन क्षेत्रों को चिह्नित किया जा रहा है। गर्मियों में जमीन का ट्रीटमेंट किया जाएगा। पौधे लगाने से पहले तार फेंसिंग की जाएगी। इसके बाद पौधे लगाए जाएंगे। चोरल का जंगल इंदौर सिटी के लिए महत्वपूर्ण है। यह लंग्स की तरह काम करता है।
कांग्रेस महासचिव व पूर्व डिप्टी सीएम सचिन पायलट ने कहा कि चुनाव जीतने के बाद सरकार बनाने का उद्देश्य केवल सत्ता सुख नहीं होना चाहिए। मुखिया को कम से कम 70% समय प्रशासन, क्रियान्वयन और विकास कार्यों में देना चाहिए। बाकी 30% समय में राजनीति सबको करनी चाहिए, लेकिन आज मुखिया का 80-90% समय राजनीति में ही चला जाता है। अपनी गोटी कैसे और कहां फिट करनी है, इसी में ऊर्जा लगती है। उन्होंने कहा कि बीते कुछ वक्त में पॉलिसी मेकिंग का काम कुछ चुनिंदा अधिकारियों पर आउटसोर्स कर दिया गया है। वही दिशा तय करने लगते हैं। आज देश में बहुत कम ऐसे नेता बचे हैं, जो अपनी सोच और एजेंडे के साथ आगे बढ़कर लक्ष्य हासिल करते हैं। पायलट पूर्व मुख्यमंत्री शिवचरण माथुर के जन्म शताब्दी वर्ष के मौके पर कॉन्स्टीट्यूशन क्लब में रविवार को आयोजित स्मृति समारोह में मुख्य वक्ता के रूप में संबोधित कर रहे थे। इस मौके पर स्व. शिवचरण माथुर की पुत्र वंदना माथुर, परिवार की सदस्य विभा माथुर, पूर्व मंत्री बीडी कल्ला, विधायक अमीन कागजी आदि मौजूद थे। कांग्रेस सांसद हरीश मीणा ने कहा कि आज की राजनीति में हालात ऐसे हो गए हैं कि शिवचरण माथुर जैसे नेता सरपंच तक नहीं बन पाते। मीणा ने कहा कि आज विधायक और सांसद बनते ही कोठियां और फार्म हाउस खड़े हो जाते हैं। उनकी इसी बात पर पायलट ने कहा- जमाना बदल गया है, लेकिन सारा दोष केवल नेताओं पर मढ़ना उचित नहीं है। मकान और बंगले सिर्फ विधायकों-सांसदों के ही नहीं, पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों के भी कम नहीं हैं। इस पर भी बात होनी चाहिए। माथुर की सादगी और ईमानदारी सबके लिए उदाहरणसचिन पायलट ने कहा कि शिवचरण माथुर सरल और मधुर स्वभाव के नेता थे। उन्होंने कहा कि ईमानदारी और सादगी के साथ किया गया उनका कार्य सभी के लिए उदाहरण है। पायलट ने अपने पिता स्वर्गीय राजेश पायलट के साथ उनके संबंधों को याद करते हुए कहा कि नई पीढ़ी को माथुर से सीख लेकर समझना चाहिए कि कलम और नीति-निर्माण की ताकत का उपयोग किस तरह प्रदेश और देश के विकास के लिए किया जा सकता है। कार्यक्रम में वंदना माथुर ने श्रद्धांजलि देते हुए कहा कि उनके पिता ने जीवनभर सिद्धांतों और जनसेवा को प्राथमिकता दी तथा राजनीति को समाज के कमजोर वर्गों के उत्थान का माध्यम माना। कार्यक्रम में विभा माथुर ने कहा कि शिवचरण माथुर मार्गदर्शक और मूल्यों की सीख देने वाले व्यक्तित्व थे और उनकी सादगी व अनुशासन नई पीढ़ी के लिए प्रेरणा हैं। कार्यक्रम में शिवचरण माथुर के राजनीतिक सफर पर आधारित फोटो प्रदर्शनी भी लगाई गई।
परीक्षा में फंसा एनपीवी अभियान:पहले दिन 0.24% टीकाकरण, कई जिलों में जीरो डोज
प्रदेश की 8 लाख बेटियों को सर्वाइकल कैंसर जैसी बीमारी से बचाने के लिए मुफ्त एनपीवी टीकाकरण अभियान शनिवार से शुरू हुआ। शुरुआत कमजोर रही। बड़ा कारण स्कूल की परीक्षाएं सामने आया। परिजन बेटियों को वैक्सीन लगवाने से बच रहे हैं। पहले दिन 52 जिलों में कुल कवरेज 0.24% रहा। 8 जिलों में जीरो-डोज की स्थिति रही। दूसरे दिन भी रफ्तार कम रही। प्रदेश में सिर्फ 981 बच्चियों को टीके लगे। रविवार को आलीराजपुर, बुरहानपुर, बड़वानी, आगर मालवा, दमोह, अशोक नगर में एक भी टीका नहीं लग पाया। अभियान 90 दिनों का है। पहले दिन 1,965 और दूसरे दिन 981 बच्चियों को ही वैक्सीन लग पाई। पहले दिन बालाघाट 244 टीकों के साथ 1.57% कवरेज पर सबसे आगे रहा। इंदौर में पहले दिन 28 बच्चियों को वैक्सीन लगी। दूसरे दिन 18 बच्चियों को टीके लगे। निवाड़ी में एक और गुना में सिर्फ 2 को लगे टीकेकई जिलों में टीकाकरण बेहद धीमा रहा। गुना में केवल 2 बच्चों को टीका लगा। कवरेज 0.01% रहा। निवाड़ी में 1 बच्ची को टीका लगा। कवरेज 0.02% रहा। सीधी में 4 बच्चों को वैक्सीन लगी। कवरेज 0.02% रहा। बुरहानपुर में 3 टीके लगे। कवरेज 0.03% रहा। झाबुआ में 7 टीके लगे। कवरेज 0.03% रहा। शाजापुर में 3 टीके लगे। कवरेज 0.03% रहा। आलीराजपुर में 4 टीके लगे। कवरेज 0.03% रहा। इसमें इंदौर संभाग के जिलों की संख्या अधिक रही। 14 से 15 वर्ष की बालिकाओं को लगना है यह टीका एनपीवी टीकाकरण रोज सुबह 9 से 2 बजे तक शा. स्वास्थ्य संस्थानों में हो रहे है। 14 से 15 वर्ष की बालिकाओं को टीका लगाया जाना है। अभिभावक की सहमति जरूरी है। टीका लगने के बाद 30 मिनट तक निगरानी में रखा जाएगा। डॉक्टरों के मुताबिक इंजेक्शन वाली जगह पर दर्द, सिरदर्द जैसे हल्के दुष्प्रभाव सामान्य हैं। इस कारण अभिभावक वैक्सीन लगवाने से बच रहे हैं।
अमेरिका-इजरायल के हमले में ईरान के सुप्रीम लीडर आयतुल्लाह अली खामेनेई की मौत के बाद पूरे विश्व के शिया मुसलमानों में गम और गुस्से का माहौल है। छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में भी शिया मुसलमानों ने आक्रोश जताया और अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप, इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू का विरोध किया। शहर के मोमिनपारा इलाके में सड़क पर कई जगह ट्रंप, नेतन्याहू के पोस्टर लगाए गए। पोस्टरों पर दोनों की तस्वीरों के साथ ‘डाउन टू अमेरिका’ और ‘डाउन टू इजरायल’ लिखा गया। पोस्टरों पर नीली स्याही भी फेंकी गई है। वहां से गुजर रहे लोग इन पोस्टरों को पैरों से रौंदते हुए आगे बढ़ रहे हैं। इसके अलावा शिया समुदाय ने इमामबाड़ा और धार्मिक जगह पर शोक सभा का आयोजन किया। इससे जुड़ी तस्वीरें देखिए… इमामबाड़ा में शोक सभा का आयोजन रायपुर के शिया आबादी बहुल क्षेत्र मोमिनपारा, पंडरी जैसे इलाकों में लोगों ने इमामबाड़ा और अन्य धार्मिक स्थलों पर इकट्ठा होकर खामनेई की मौत पर शोक जताया। ईरानी समुदाय के लोगों ने पंडरी स्थित इमाम बारगाह में मजलिस कर शोक सभा का आयोजन किया था। वहीं खोजा जमात के लोगों ने भी खामेनेई को श्रद्धांजलि दी। इस दौरान बड़ी संख्या में समाज के लोग इकट्ठे हुए। कौन है खामेनेई जिसके लिए शोक सभा रखी गई अयातुल्ला अली खामेनेई ईरान देश के सुप्रीम लीडर थे। इजराइल और अमेरिका ने ईरान के तेहरान पर हमला किया। हमले में ईरानी इस्लामिक रेवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) के हेडक्वार्टर को निशाना बनाया गया। जिसमें सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई की मौत हो गई। हमले के वक्त खामेनेई तेहरान में अपने ऑफिस में मौजूद थे। ईरानी स्टेट मीडिया के मुताबिक, जब हमला हुआ खामेनेई अपनी ड्यूटीज निभा रहे थे। इजराइली सैटेलाइट इमेज में कैंपस पूरी तरह तबाह दिखाई दिया। मलबे में किसी के जीवित बचने के संकेत नहीं मिले। इस घटना के बाद देश भर में शिया समुदाय विरोध में उतर आया है।
25 मीटर की विशाल पैदल चुनरी यात्रा 4 मार्च को
भांडेर | भद्रावती नगरी से खाटू श्याम समिति भांडेर द्वारा होली उत्सव के अवसर पर बुधवार चार मार्च को 25 मीटर लंबी भव्य पैदल चुनरी यात्रा रतनगढ़ माता के दरबार तक निकाली जाएगी। यह आयोजन लगातार चौथे वर्ष आयोजित किया जा रहा है, जिससे नगर सहित आसपास के गांवों में धार्मिक उत्साह का माहौल बना हुआ है। कार्यक्रम आयोजक अमन गोलू रावत ने जानकारी देते हुए बताया कि यात्रा सुबह 7 बजे हनुमंतपुरा स्थित शंकरजी मंदिर से विधि-विधान एवं पूजन के साथ प्रारंभ होगी। यात्रा नगर के प्रमुख मार्गों पटेल चौराहा, तहसील मार्ग, राजमाता चौराहा, लहार चौराहा से होकर देवरा, पण्डोखर, सोहन, रतनपुरा, आलमपुर, भगुआपुरा एवं मरसेनी होते हुए रतनगढ़ माता मंदिर पहुंचेगी।
पंजाब के मोहाली में बच्ची के अपहरण और तस्करी के एक गंभीर मामले में आरोपी गायत्री शर्मा उर्फ सोनिया व राज कुमार की नियमित जमानत याचिका को खारिज कर दिया है। अदालत ने कहा कि अगर आरोपी को रिहा किया गया तो वह फरार हो सकती है, गवाहों को प्रभावित कर सकती है या सबूतों से छेड़छाड़ कर सकती है। अदालत ने स्पष्ट किया कि यह फैसला मामले की मेरिट पर असर नहीं डालेगा। मामला दिसंबर 2023 का है। पुलिस को गुप्त सूचना मिली थी कि सुरिंदर कौर और दर्शना रानी नाम की दो महिलाएं बच्चों का अपहरण कर उन्हें भीख मंगवाने के लिए बेच रही हैं। 12 दिसंबर 2023 को बालोंगी ब्रिज के पास पेट्रोलिंग के दौरान पुलिस ने इन दोनों को एक छोटी बच्ची के साथ गिरफ्तार किया। जांच में सामने आया संगठित विरोध जांच के दौरान, दर्शना रानी ने खुलासा किया कि बच्ची उन्हें गुरविंदर कौर उर्फ गुरलीन कौर ने दी थी। आगे की जांच में परमजीत सिंह के बयान से गायत्री शर्मा का नाम सामने आया। अदालत के रिकॉर्ड के अनुसार, गायत्री शर्मा उर्फ सोनिया (उम्र करीब 45 वर्ष, पवन शर्मा की पत्नी, निवासी हाउस नंबर एन1/3, फेज 1, बुद्ध विहार, नई दिल्ली) को दीपिका उर्फ दीपा, राज कुमार और अन्य के साथ मिलकर बच्ची को 3,60,000 रुपये में बेचने का आरोपी बनाया गया। पुलिस का दावा है कि ये सभी एक संगठित गिरोह के सदस्य हैं, जो शिशुओं की तस्करी में लिप्त हैं। इस दौरान भारतीय दंड संहिता (आईपीसी) की धारा 370(4) (मानव तस्करी), 363 (अपहरण), 363ए (बच्चों का अपहरण और भिखारी बनाना) और 120बी (आपराधिक षड्यंत्र) के तहत यह केस दर्ज हुआ। अपराध गंभीर, आरोप स्पष्ट है अदालत में आरोपी की ओर से वकील ने दलील दी कि मामला झूठा और बेबुनियाद है। आरोपी लंबे समय से हिरासत में है और उसका जेल में रखना बेकार है। वहीं, राज्य की ओर से अतिरिक्त लोक अभियोजक हर्षदीप ने जमानत का विरोध करते हुए कहा कि अपराध जघन्य है और आरोपी पर स्पष्ट आरोप हैं। हालांकि कहा कि मामले की गंभीरता को देखते हुए जमानत नहीं दी जा सकती। अगर आरोपी को रिहा किया गया तो वह फरार हो सकती है, गवाहों को प्रभावित कर सकती है या सबूतों से छेड़छाड़ कर सकती है। अदालत ने स्पष्ट किया कि यह फैसला मामले की मेरिट पर असर नहीं डालेगा।
नवविवाहिता को दहेज के लिए मारपीट कर निकाला
दतिया| कोतवाली क्षेत्र के शनिचरा मोहल्ला निवासी नवविवाहिता माल्विका ने ससुराल पक्ष पर दहेज उत्पीड़न का मामला दर्ज कराया है। उसका विवाह ग्राम छैरा जौरा, जिला मुरैना निवासी अरविंद राजपूत से हुआ था। आरोप है कि पति अरविंद, राजकुमार राजपूत और जविता राजपूत ने दहेज की मांग की। मांग पूरी न होने पर मारपीट कर शारीरिक व मानसिक रूप से प्रताड़ित किया और घर से निकाल दिया। पुलिस ने मामला दर्ज किया है।
हथियारों के साथ रील बनाई, दो गिरफ्तार
दतिया| सोशल मीडिया पर हथियारों के साथ रील बनाकर पोस्ट करने वाले दो बदमाशों को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। आरोपियों के पास से एक बंदूक, एक 315 बोर का कट्टा और जिंदा राउंड जब्त किए गए हैं। दोनों के खिलाफ आर्म्स एक्ट के तहत मामला दर्ज किया गया है। गिरफ्तारी के बाद उनके वीडियो भी सामने आए, जिनमें वे कान पकड़कर अपनी गलती स्वीकार करते नजर आ रहे हैं। सिविल लाइन थाना प्रभारी वैभव गुप्ता ने बताया कि एसपी सूरज कुमार वर्मा के निर्देशन में अवैध हथियारों के खिलाफ “ऑपरेशन प्रहार” चलाया जा रहा है। अभियान के तहत सोशल मीडिया पर हथियारों के साथ रील पोस्ट करने वालों पर सख्त कार्रवाई की जा रही है और लाइसेंस निरस्तीकरण की प्रक्रिया भी अपनाई जा रही है। हाल ही में वायरल हुई रील में ग्राम महुआ निवासी रामपाल गुर्जर अवैध 315 बोर की बंदूक के साथ दिखाई दिया। उसे गिरफ्तार कर हथियार और राउंड जब्त किए गए। वहीं, पठाईपुरा निवासी दीपक कुशवाहा को कट्टा और कारतूसों के साथ रील पोस्ट करने पर गिरफ्तार किया गया।

