लखनऊ चिड़ियाघर 104 साल का हुआ:धूमधाम से मनाया गया स्थापना दिवस, टाइगर देख खिल उठे चेहरे
लखनऊ में शनिवार को नवाब वाजिद अली शाह प्राणी उद्यान अपना 104वां स्थापना दिवस मना रहा है। इस अवसर पर चिड़ियाघर परिसर में विशेष कार्यक्रम का आयोजन किया गया, जिसमें वह सभी वरिष्ठ अधिकारी, कर्मचारी और वन्यजीव प्रेमी शामिल हुए, जिन्होंने प्राणी उद्यान के विकास और संरक्षण में महत्वपूर्ण योगदान दिया है। चिड़ियाघर की निदेशक अदिति ने बताया कि यह दिन सभी के लिए बेहद खास है। इन 100 से अधिक वर्षों में चिड़ियाघर लंबी यात्रा तय किया और नई ऊंचाई पर पहुंचा। बदलते वक्त के साथ मॉडर्न हुआ आधुनिक हुआ साथ ही सुविधाओं का विस्तार हुआ। साथ ही वन्यजीव संरक्षण के क्षेत्र में भी उल्लेखनीय उपलब्धियाँ हासिल किया। हर साल चिड़ियाघर के द्वारा लाखों दर्शकों को वन्य जीवों और प्रकृति के करीब लाने का कार्य किया जाता है। जानवरों को गोद लेने वालों को मिला सम्मान कार्यक्रम के दौरान उन वरिष्ठ अधिकारियों का विशेष सम्मान किया गया जिन्होंने वर्षों से चिड़ियाघर के विकास में सक्रिय भूमिका निभाई है। इसके साथ ही उन कर्मचारियों को भी प्रशस्ति पत्र प्रदान किए गए जिन्होंने वन्यजीवों की देखरेख में अपनी जिम्मेदारी को निभाया। चिड़ियाघर प्रशासन द्वारा वन्य जीवों को गोद लेने वाले वरिष्ठ नागरिकों को भी सम्मानित किया गया, जिन्होंने संरक्षण के इस अभियान को मजबूती प्रदान की है। मनोरंजन का केंद्र बना प्रशासन के अनुसार चिड़ियाघर हर वर्ष लाखों दर्शकों के आकर्षण का केंद्र रहता है। यहां आने वाले बच्चों, छात्रों और बुजुर्गों को न सिर्फ मनोरंजन मिलता है बल्कि वे वन्यजीवों के इतिहास, उनकी आदतों, रहन-सहन और पर्यावरण संरक्षण से जुड़े महत्वपूर्ण तथ्यों से भी रूबरू होते हैं। टाइगर देख खिले चेहरे प्रयागराज से आए पर्यटक सत्य प्रकाश ने बताया कि चिड़ियाघर का भ्रमण उनके लिए बेहद ज्ञानवर्धक रहा। उन्होंने कहा कि यहां विभिन्न दुर्लभ प्रजातियों को एक ही स्थान पर देख पाना अपने आप में अनोखा अनुभव है। जिससे छात्रों को भी प्रकृति और जीव-जंतुओं के प्रति समझ बढ़ती है। हल्की गुलाबी ठंड में जब धूप खिली, तो टाइगर सहित कई अन्य वन्यजीव अपने-अपने बाड़ों से बाहर आए, जिन्हें देखने के लिए दर्शक बेहद उत्साहित नजर आए। सभी लोग इस इस खास फल को अपने कमरे में कैद करते हुए दिखे।
बागपत मुगलपुरा में दो पक्षों में संघर्ष:पैसे के लेन-देन पर विवाद, कई घायल, मुकदमा दर्ज
बागपत शहर कोतवाली क्षेत्र के मुगलपुरा मोहल्ले में शुक्रवार-शनिवार की देर रात पैसे के लेन-देन को लेकर दो पक्षों में विवाद हो गया। यह विवाद देखते ही देखते खूनी संघर्ष में बदल गया। जानकारी के अनुसार, दोनों पक्षों ने एक-दूसरे पर लाठी-डंडों, ईंट-पत्थरों और धारदार हथियारों से हमला किया। इस दौरान सड़क पर अफरा-तफरी मच गई और कई वाहनों में तोड़फोड़ की गई। संघर्ष में तीन महिलाओं सहित कई लोग गंभीर रूप से घायल हो गए, जिन्हें जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है। एक पक्ष ने दूसरे पक्ष पर फायरिंग करने का भी आरोप लगाया है, जिससे इलाके में दहशत फैल गई। घटना की सूचना मिलते ही कोतवाली पुलिस मौके पर पहुंची और कड़ी मशक्कत के बाद स्थिति को नियंत्रित किया। पुलिस ने दोनों पक्षों से पूछताछ कर घटनास्थल का मुआयना किया और साक्ष्य जुटाए। कोतवाल दीक्षित कुमार त्यागी ने बताया कि पीड़ित पक्ष की तहरीर के आधार पर कार्रवाई की जा रही है। सलमान उर्फ मन्ना की शिकायत पर समीर उर्फ छोटू, रहीस, सुहैब और अयान के खिलाफ नामजद मुकदमा दर्ज किया गया है। पुलिस का कहना है कि मामले की गंभीरता को देखते हुए आरोपियों की तलाश जारी है और दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। मुगलपुरा इलाके में सुरक्षा के लिए अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है।
भिवानी के डीसी साहिल गुप्ता ने कहा कि वरिष्ठ नागरिकों से जो निजी बसें पूरा किराया लेती है, उन बसों का नंबर नोट किया जाए, ताकि उनके विरुद्ध कार्यवाही की जा सके। उन्होंने हरियाणा राज्य परिवहन के भिवानी महाप्रबंधक दीपक कुंडू को निर्देश दिए कि सभी बसों की सीटों पर आरक्षण व्यवस्था को अंकित करवाया जाए। ताकि महिलाओं, वरिष्ठजन व दिव्यांगजन के लिए आरक्षित सीटों पर वे बैठ सकें। उन्होंने परिवार पहचान पत्र व वोटर आईडी में यदि किसी प्रार्थी का नाम, आय या अन्य कोई त्रुटि है, तो उन्हें तुरंत ठीक किया जाए ताकि उन्हें सरकार की योजनाओं का फायदा मिल सके। डीसी साहिल गुप्ता मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के निर्देशानुसार जिला प्रशासन द्वारा गांव निनान स्थित कम्यूनिटी सेंटर शहीद स्मारक प्रांगण में रात्रि ठहराव कार्यक्रम में ग्रामीणों की समस्याएं सुन रहे थे। डीसी ने सरपंच रामकुमार मांगेराम भगत द्वारा रखी गई गांव की मांगों को प्राथमिकता के आधार पर पूरा करने का आश्वासन दिया। डीसी के समक्ष ग्रामीण राजकपूर ने ई-लाइब्रेरी बनवाने, खेल नर्सरी की शेड बनवाने, अवैध झुग्गी हटवाने, वाटर वर्कस में टैंक बनवाने की समस्या रखी। 100-100 गज के प्लाट दिलवाने की मांग पर डीसी ने कहा कि पंचायती जमीन उपलब्ध होने पर प्लाट अलॉट कर दिए जाएंगे। डीसी के समक्ष रखी समस्याएंडीसी के समक्ष ग्रामीण मीना ने गांव की अनेक शिकायतें, अमित ने उसके मकान के आगे से गली बनवाने, कालुवास सरपंच ने अवैध कनेक्शन व पानी चोरी रुकवाने बारे, सुरेन्द्र, दिलबाग व बलराज ने पीएमएवाईजी की किस्त बारे, सरजीत ने फैमिली आईडी दुरुस्त करवाने, बाला व प्रेमा ने पहचान पत्र को दुरुस्त करवाने, रजनी ने बिजली मीटर लगवाने बारे, सत्यवीर ने रुपए के मामले पर कार्रवाई करवाने बारे व सरोज ने राशन कार्ड बनवाने, संदीप ने बॉक्सिंग प्रशिक्षण बारे शिकायत रखी। इसके अलावा सार्वजनिक तौर डीसी के समक्ष ग्रामीणों ने गांव में गंदे पानी की निकासी के नालों की सफाई करवाने, नालियों पर लोहे की जाली लगवाने, जमीन की पैमाइश करवाने, गली निर्माण करवाने, मकान निर्माण के लिए सहायता राशि दिलवाने, खेल मैदान की सफाई करवाने, बिजली व्यवस्था करवाने और स्कूल के सामने कूड़ा-कचरा डालकर प्रदूषण फैलाने पर पाबंदी लगवाने सहित विभिन्न प्रकार की समस्याएं रखी। डीसी ने सभी शिकायतों पर संबंधित विभागों को निर्देश दिए कि वे इन शिकायतों का प्राथमिकता से निपटारा करें। डीसी ने नगर परिषद, क्रीड विभाग, बिजली निगम, सिंचाई विभाग और पंचायत विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए कि ग्रामीणों की समस्याओं का स्थाई समाधान करें। रस्सा-कसी व बॉक्सिंग प्रतियोगिता आयोजितकार्यक्रम में पशुपालन विभाग, कृषि विभाग, क्रीड, महिला एवं बाल विकास विभाग, बिजली निगम आदि विभिन्न विभागों ने स्टाल लगाकर ग्रामीणों को सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी दी। रात्रि ठहराव कार्यक्रम पूर्व डीसी साहिल गुप्ता ने शहीद स्मारक पर पुष्पांजलि अर्पित कर शहीदों को श्रद्धांजलि दी और शहीद स्मारक प्रांगण में पौधारोपण कर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया। कार्यक्रम में रस्सा-कसी तथा बॉक्सिंग खेल प्रतियोगिताएं आयोजित हुई। डीसी ने खेल विजेता टीम को पुरस्कृत किया। कार्यक्रम में ग्रामीणों ने डीसी साहिल गुप्ता व एसएसपी सुमित कुमार, एसडीएम महेश कुमार, सीटीएम अनिल कुमार, सिविल सर्जन डॉ. रघुबीर शांडिल्य व डीडीपीओ सोमबीर कादयान को पौधा भेंट कर फूल मालाओं और पगड़ी पहनाकर स्वागत किया।
हाथरस गेट कोतवाली क्षेत्र के नगला कुंवरजी गांव में पुरानी रंजिश को लेकर दो पक्षों के बीच जमकर मारपीट और पथराव हुआ। यह झगड़ा दो अलग-अलग जातियों के लोगों में हुआ। सूचना पर पहुंची पुलिस के सामने भी दोनों पक्ष भिड़ गए, जिससे स्थिति तनावपूर्ण हो गई। बाद में अतिरिक्त पुलिस बल बुलाकर हालात को नियंत्रित किया गया। इसका वीडियो भी सामने आया है। बताते हैं कि दौरान हवाई फायरिंग भी हुई। इस घटना में आकाश, शांतिलाल और विकास सहित कई लोग घायल हुए हैं। पुलिस ने कुछ घायलों का डाक्टरी परीक्षण कराया है। जानकारी के अनुसार, गांव का एक युवक शहर के मोहल्ला खाती खाना में काम करता है। लगभग एक सप्ताह पहले गांव के ही दूसरे युवक ने उसके साथ मारपीट की थी। इसी बात को लेकर दोनों पक्षों के बीच विवाद चल रहा था। दोनों पक्ष अलग-अलग जातियों से संबंधित हैं। स्थिति को संभालने में पुलिस के हाथ पांव फूले बीती रात एक पक्ष ने फिर दूसरे पक्ष पर हमला कर दिया, जिसके बाद जमकर मारपीट और पथराव हुआ। कुछ लोगों का कहना है कि इस दौरान हवाई फायर भी हुए। घटना की सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची, लेकिन दोनों पक्ष पुलिसकर्मियों के सामने ही एक-दूसरे से भिड़ गए। ऐसे में पुलिस कर्मियों के भी हाथ-पांव फूल गए। सूचना मिलने पर गांव में अतिरिक्त पूरे सोर्स पहुंचा। अतिरिक्त पुलिस फोर्स गांव में बुलानी पड़ी और तब जाकर स्थिति को नियंत्रित किया।
झाबुआ जिले की ग्राम पंचायत बेकल्दा में पेयजल योजना में नाली का गंदा पानी मिलने से ग्रामीणों में भारी रोष है। इस दूषित पानी के कारण गांव में बीमारियों के फैलने का खतरा बढ़ गया है। ग्रामीण लगातार इस संबंध में शिकायतें कर रहे हैं। ग्रामीणों के अनुसार, गांव में नालियों का निर्माण न होने के कारण गंदा पानी सीधे मुख्य मार्ग पर बहता है। उनका आरोप है कि मौजूदा पेयजल योजना ठीक से संचालित नहीं हो रही है। गंदी नाली का पानी पेयजल योजना की पाइपलाइन और वाल्व पॉइंट से मिलकर पीने के पानी को दूषित कर रहा है। इस दूषित पानी से आमजन, बच्चों, बुजुर्गों और पशुओं में गंभीर संक्रमण और बीमारियों के फैलने की आशंका है। इसके अतिरिक्त, नल का पानी सड़क पर बहने से गंदगी, कीचड़ और दुर्गंध फैल रही है, जिससे गांव का वातावरण प्रभावित हो रहा है। ग्राम के सामाजिक कार्यकर्ता बसंतदास बैरागी ने आरोप लगाया है कि पंचायत द्वारा सड़क निर्माण और अन्य कार्यों पर लाखों रुपये खर्च किए जाने के बावजूद स्थिति में कोई सुधार नहीं हुआ है। जिम्मेदार बोले- जल्द कराएंगे निराकरण इस संबंध में ग्राम पंचायत सचिव सूरसिंह ने स्वीकार किया कि कुछ दिक्कतें आ रही हैं। उन्होंने आश्वासन दिया है कि जल्द ही इस समस्या का निराकरण किया जाएगा। जनपद पंचायत पेटलावद के सीईओ गौरव जैन ने इस मामले को संवेदनशील बताया। उन्होंने कहा कि उन्हें मीडिया के माध्यम से जानकारी मिली है और वे इसकी जांच करवाएंगे।
कन्नौज के जलालाबाद क्षेत्र में चल रही चकबन्दी प्रक्रिया को निरस्त कराने के लिए शनिवार को सैकड़ों लोग कलेक्ट्रेट पहुंच गए। यहां प्रदर्शन करते हुए एसडीएम को ज्ञापन सौंपा और प्रक्रिया में भ्रष्टाचार के आरोप लगाते हुए इसे निरस्त कराने की मांग की। ऐसा न होने पर किसानों ने सामूहिक रूप से आत्मदाह करने की बात कही है। जलालाबाद ब्लाक क्षेत्र में इन दिनों चकबन्दी प्रक्रिया चल रही है। आरोप है कि चकबन्दी से जुड़े लेखपाल व अधिकारी कीमती जमीनों को दूसरों के हिस्से में शामिल करने की सेटिंग कर के किसानों का शोषण कर रहे हैं। जबकि सड़क से दूर सस्ती जमीनें किसानों के खाते में जोड़ने के प्रयास किए जा रहे हैं। पूरी चकबन्दी प्रक्रिया भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ चुकी है। कस्बे से लेकर ग्राम पंचायत सचिवालय तक चकबन्दी के विरोध में किसान प्रदर्शन कर चुके, लेकिन जब सुनवाई नहीं हुई तो शनिवार को तमाम किसान एकत्र होकर कलेक्ट्रेट पहुंच गए। यहां डीएम कार्यालय के बाहर किसानों ने प्रदर्शन किया और नारेबाजी भी की। किसानों का प्रदर्शन देखकर अतिरिक्त एसडीएम अविनाश गौतम वहां पहुंच गए और किसानों से बात कर उन्हें समझाने का प्रयास किया। एसडीएम ने कहा कि अभी एसआईआर की प्रक्रिया चल रही है। उसके बाद चकबन्दी का भौतिक सत्यापन करवाकर आगे निर्णय लिया जाएगा। हालांकि किसान सिर्फ चकबन्दी प्रक्रिया को निरस्त कराने की मांग और अड़े रहे। किसानों ने कहा कि यदि चकबन्दी प्रक्रिया निरस्त न की गई तो वह लोग आत्मदाह करने पर विवश होंगे। किसान कन्हैया तिवारी ने कहा कि चकबन्दी के नाम पर किसानों की कीमती जमीनें दूसरों को दी जा रहीं हैं। जिससे किसानों का शोषण हो रहा है। सभी लोगों की मांग है कि चकबन्दी प्रक्रिया को तत्काल निरस्त किया जाए। अगर ऐसा नहीं होता है तो वह लोग धरना-प्रदर्शन पर डटे रहेंगे। उधर किसानों ने समाज कल्याण मंत्री असीम अरुण से मुलाकात की और समस्या से अवगत कराया। मंत्री ने चकबन्दी प्रक्रिया रुकवाने का भरोसा दिया। जिस ओर किसानों ने खुशी का इजहार किया।
मैहर में बेकाबू कार नहर में गिरी, चालक लापता:SDM ने नहर का बहाव बंद कराया; रेस्क्यू ऑपरेशन जारी
मैहर जिले की रामनगर तहसील के बरहा टोला क्षेत्र में शुक्रवार देर रात एक सड़क हादसे में एक बोलेरो नहर में गिर गई। वाहन चालक मोतीलाल कुशवाहा, जो सुहिला गांव के निवासी हैं, लापता हो गए हैं। उनकी तलाश जारी है। जानकारी के अनुसार, मोतीलाल कुशवाहा रीवा से बुकिंग के बाद देर रात अपने घर लौट रहे थे। जब वे निर्धारित समय पर घर नहीं पहुंचे और उनका मोबाइल भी बंद मिला, तो परिजनों ने उनकी खोजबीन शुरू की। तलाश के दौरान, बरहा टोला नहर पुल के पास सड़क किनारे बोलेरो के क्षतिग्रस्त पुर्जे और दुर्घटना के निशान मिले। इसके बाद परिजनों ने बोलेरो के नहर में गिरने की आशंका जताते हुए तत्काल पुलिस को सूचना दी। पुलिस मौके पर पहुंची, लेकिन नहर में पानी का तेज बहाव होने के कारण तुरंत रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू नहीं किया जा सका। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए, रामनगर एसडीएम ने नहर का बहाव अस्थायी रूप से बंद करने के लिए पत्र लिखा। रेस्क्यू टीम तलाश में जुटी शनिवार दोपहर को नहर का बहाव रोके जाने के बाद, गोताखोरों और रेस्क्यू टीम की मदद से लापता चालक मोतीलाल कुशवाहा की तलाश के लिए अभियान शुरू किया गया। यह हादसा उनके घर से लगभग 3 किलोमीटर पहले बरहा टोला के पास हुआ था। फिलहाल, मोतीलाल कुशवाहा की तलाश जारी है और प्रशासन के अधिकारी घटनास्थल पर मौजूद रहकर राहत एवं खोजबीन कार्य का समन्वय कर रहे हैं।
सक्ती जिले में घर में घुसकर एक महिला से दुष्कर्म करने और जान से मारने की धमकी देने के आरोपी को पुलिस ने रायगढ़ से गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी की पहचान पुष्पेन्द्र बरेठ (29 वर्ष) के रूप में हुई है, जो वार्ड क्रमांक 09, दर्रीपारा लवसरा, थाना बाराद्वार, जिला सक्ती का निवासी है। घटना के बाद से वह तीन दिनों से फरार था। यह मामला बाराद्वार थाना क्षेत्र का है। जानकारी के अनुसार, यह घटना 25 नवंबर की रात को हुई थी। पीड़िता अपने बच्चे के साथ घर में सो रही थी, तभी आरोपी पुष्पेन्द्र बरेठ उसके घर में घुस आया। उसने पीड़िता का हाथ पकड़कर उसका मुंह बंद कर दिया, ताकि वह चिल्ला न सके। इसके बाद आरोपी ने उसे जान से मारने की धमकी देते हुए जबरन दुष्कर्म किया और मौके से फरार हो गया। दुष्कर्म का आरोपी रायगढ़ से गिरफ्तार घटना के बाद से पुलिस लगातार आरोपी की तलाश कर रही थी। 28 नवंबर को पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली कि आरोपी रायगढ़ में छिपा हुआ है। सक्ती के पुलिस अधीक्षक प्रफुल्ल कुमार ठाकूर (भापुसे) और अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक हरीश यादव (रापुसे) के निर्देश पर एक टीम गठित की गई। इस टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी को रायगढ़ से गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तारी के बाद आरोपी पुष्पेन्द्र बरेठ को संबंधित न्यायालय में पेश किया गया। न्यायालय ने उसे न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया है।
ग्रेटर नोएडा के परी चौक पर ट्रैफिक पुलिस और रोटरी क्लब ने मिलकर यातायात जागरूकता अभियान चलाया। इस दौरान बिना हेलमेट पहने वाहन चालकों को नए हेलमेट वितरित किए गए। साथ ही, खराब गुणवत्ता वाले हेलमेट पहने लोगों को उनके हेलमेट तोड़कर सुरक्षा का महत्व समझाया गया। अभियान के तहत, जिन लोगों ने चालान से बचने के लिए स्थानीय या घटिया हेलमेट पहने थे, पुलिस ने उन्हें बताया कि ऐसे हेलमेट जान नहीं बचा सकते। पुलिस ने उनके पुराने हेलमेट तोड़कर उन्हें कंपनी के अच्छे हेलमेट उपलब्ध कराए। रैपिडो और अन्य बाइक सवारों को भी आम लोगों को अच्छे हेलमेट उपलब्ध कराने के लिए प्रेरित किया गया। डीसीपी यातायात परवीन रंजन ने दोपहिया वाहन चालकों को रोककर उनसे बात की और हेलमेट वितरित किए। उन्होंने चालकों को संबोधित करते हुए कहा, ये हेलमेट केवल चालान से बचने के लिए नहीं हैं, बल्कि ये आपकी सुरक्षा और जीवन की रक्षा के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण हैं। इनका इस्तेमाल सुनिश्चित करें ताकि किसी भी अप्रिय घटना की स्थिति में गंभीर चोट से बचा जा सके। इस पहल के दौरान, यातायात पुलिस कर्मियों ने उन दोपहिया वाहन चालकों को भी रोका जो खराब गुणवत्ता वाले या टूटे हुए हेलमेट पहने हुए थे। पुलिस कर्मियों ने उन्हें सुरक्षित हेलमेट की सही गुणवत्ता और मानक समझाए। पुराने हेलमेट को तोड़कर यह प्रदर्शित किया गया कि वे कितनी आसानी से टूट जाते हैं, जिसके बाद उन्हें तुरंत नए, उच्च गुणवत्ता वाले हेलमेट वितरित किए गए। यह कदम सड़क सुरक्षा में हेलमेट की गुणवत्ता के महत्व को समझाने के लिए उठाया गया। अभियान में एसीपी ट्रैफिक राकेश प्रताप, टीआई अमर सिंह और रोटरी क्लब ऑफ ग्रेटर नोएडा के कई सदस्य भी मौजूद रहे। सभी ने मिलकर वाहन चालकों को गति सीमा का पालन, सही लेन में ड्राइविंग और मोबाइल फोन का उपयोग न करने जैसे यातायात सुरक्षा नियमों के महत्व के बारे में जागरूक किया।
दौसा पुलिस ने पकड़ा शातिर चोर:चुराए गए 21 तोला सोना व 6 किलोग्राम चांदी के 30 लाख के जेवरात बरामद
दौसा पुलिस ने सोना-चांदी जेवरात चोरी की वारदातों का खुलासा करते एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। आरोपी के कब्जे से 21 तोला सोना व 6 किलोग्राम चांदी के करीब 30 लाख रुपए के जेवरात बरामद किए है, जिन्हें सलेमपुर और टोडाभीम थाना क्षेत्र के गांवों से चुराया गया था। एसपी सागर राणा के निर्देशन में सलेमपुर थाना इंचार्ज संतचरण सिंह की टीम ने चोरी की वारदातों का खुलासा किया। पुलिस ने बताया- 20 नवम्बर को जवानसिंह निवासी औण्ड मीना ने रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि रात को उनके मकान में चोरी हो गई। सुबह घर के गेट खुले मिलने पर पता चला तो सोने चांदी के जेवरात का कट्टा गायब मिला। इसमें चांदी के कडे, कोधनी, पायजेब, तोडिया जोडी, चांदी का हथफूल, बादी 4 अंगूठी, सीता रानी, कोलर सोने की, सोने का हार, सोने की 4 चूड़ी, नथ टीका जोडी समेत लाखों रुपए के जेवरात पार कर ले गए। मामले की जांच करते हुए पुलिस टीम ने चोरों की तलाश शुरू करते हुए साक्ष्य जुटाकर आरोपी बलराम उर्फ बल्लू मीना निवासी आवापाडा थाना बालघाट जिला करौली को गिरफ्तार किया है। उसके कब्जे से सलेमपुर और टोडाभीम थाना क्षेत्र के गांवों में चोरी की दो वारदातों का माल बरामद किया है। पुलिस टीम ने थाना इंचार्ज संतचरण गुर्जर के नेतृत्व में कॉन्स्टेबल हनुमान सिंह, बन्टी, धीरज सिंह, उदय सिंह शामिल रहे।
जिले के रुदौली कोतवाली क्षेत्र के सुजागंज चौकी अंतर्गत हयात नगर में एक चौंकाने वाली घटना सामने आई है। शादी के महज तीसरे दिन ही दुल्हन अपने ससुराल से लाखों रुपए के जेवर, नकदी और अन्य महत्वपूर्ण सामान लेकर फरार हो गई। घटना के बाद पूरे परिवार में हड़कंप मच गया है और पुलिस मामले की जांच में जुट गई है। हयात नगर निवासी रामतेज के बेटे मोहित शर्मा की शादी 25 नवंबर को मिल्कीपुर तहसील के खण्डासा थाना क्षेत्र के एक गांव में संपन्न हुई थी। अगले दिन यानी 26 नवंबर को दुल्हन विदा होकर अपने नए घर पहुंची थी। परिवार वालों के अनुसार, शादी के बाद सबकुछ सामान्य चल रहा था और किसी प्रकार की कोई आशंका नहीं थी। परिजनों ने बताया कि 28 नवंबर की रात सभी लोग रोज़ की तरह सोने चले गए थे। देर रात दुल्हन चुपचाप अपने कमरे से निकली और मुख्य दरवाजे से बाहर चली गई। सुबह जब परिवार वाले उठे और दुल्हन अपने कमरे में नहीं मिली, तो हड़कंप मच गया। घर की अलमारी की जांच करने पर पता चला कि दुल्हन अपने साथ लाखों रुपये के जेवरात, नकदी और कुछ महत्वपूर्ण दस्तावेज भी ले गई है। परिवार ने घर के बाहर लगे सीसीटीवी फुटेज की जांच की, जिसमें दुल्हन अकेली घर से बाहर जाती हुई दिखाई दे रही है। फुटेज में वह बिना किसी हड़बड़ाहट के सड़क की ओर बढ़ती दिखती है। परिवार वालो का कहना है कि उसे किसी से फोन पर बात करते नहीं देखा गया और न ही कोई संदिग्ध व्यक्ति आसपास नजर आया। घटना की जानकारी मिलते ही परिजनों ने स्थानीय पुलिस को तहरीर दी। पुलिस ने गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कर ली है। प्रभारी निरीक्षक संजय मौर्य ने बताया कि सीसीटीवी फुटेज के आधार पर दुल्हन की लोकेशन ट्रेस करने की कोशिश की जा रही है। इसके साथ ही उसके मायके पक्ष से भी संपर्क किया जा रहा है, ताकि किसी संभावित कारण का पता चल सके।
दैनिक भास्कर समूह के संस्थापक स्व. रमेशचंद्र अग्रवाल का जन्मदिवस चूरू में शनिवार को 'प्रेरणा उत्सव' के रूप में मनाया। इस अवसर पर डीबी अस्पताल के ब्लड बैंक में रक्तदान शिविर का आयोजन किया गया, जिसमें दोपहर एक बजे तक 31 युवाओं ने रक्तदान किया। शिविर में रक्तदान करने वालों को किया सम्मानित शिविर का उद्घाटन एसपी जय यादव और एडीएम अर्पिता सोनी ने किया, जबकि मेडिकल कॉलेज के प्रिंसिपल डॉ. एमएम पुकार ने इसकी अध्यक्षता की। कार्यक्रम की शुरुआत स्व. रमेशचंद्र अग्रवाल के चित्र पर दीप प्रज्वलन और पुष्प अर्पित कर की गई। एसपी जय यादव ने इस अवसर पर कहा कि दैनिक भास्कर समूह समाचारों के साथ-साथ सामाजिक सरोकार के कार्यों में भी सक्रिय रहता है। उन्होंने रक्तदान को जरूरतमंदों के लिए जीवनरक्षक बताया और युवाओं से नशे से दूर रहने का आह्वान किया। एडीएम अर्पिता सोनी ने रक्तदान करने वाले मेडिकल छात्रों को प्रोत्साहित किया। शिविर की अध्यक्षता कर रहे डॉ. एमएम पुकार ने दैनिक भास्कर समूह को इस आयोजन के लिए धन्यवाद दिया। उन्होंने बताया कि दोपहर एक बजे तक कुल 31 युवाओं ने रक्तदान किया। इस मौके पर आशीष गौतम, पवन शर्मा, हरीश सैनी, दीपक स्वामी, संजय वर्मा, निखिल जांगिड़, पूर्व अस्पताल अधीक्षक डॉ. हनुमान जयपाल, अस्पताल उप अधीक्षक डॉ. इदरीश खान, डॉ. रतन अग्रवाल, डॉ. राजेश शर्मा, प्रो. हेमंत मंगल, फाउंडर एक उम्मीद एक भारत के रक्त सेवक आसिफ खान, लॉ कॉलेज प्रिंसिपल डॉ. एसके सैनी, लोहिया कॉलेज एनएसएस कार्यक्रम प्रभारी हरीश शर्मा और जयप्रकाश बेरवाल सहित कई गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे। शिविर में मेडिकल कॉलेज के छात्रों, नर्सिंग अधिकारियों, लोहिया कॉलेज के छात्रों और एनसीसी कैडेट्स सहित अनेक लोगों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। ब्लड बैंक प्रभारी डॉ. आशीष कुलहरि, डॉ. गोपाल ढाका, सुभाष राजपुरोहित, महमूद खान, तनवीर खान, जीतू, दिलीप प्रजापत और सुनीता इंदौरिया की टीम ने रक्त संग्रह का कार्य किया। रक्तदान शिविर के प्रभारी पवन शर्मा ने सभी अतिथियों का आभार व्यक्त किया।
छत्तीसगढ़ के धमतरी जिले में टेक स्टार्स स्टार्टअप वीकेंड का तीन दिवसीय कार्यक्रम शुरू हो गया है। इसका उद्देश्य युवाओं में नवाचार और उद्यमिता को बढ़ावा देना है। यह आयोजन 30 नवंबर 2025 तक चलेगा। जिला प्रशासन और खेल-युवा कल्याण विभाग की ओर से बरदिहा लेक व्यू रिजॉर्ट, गंगरेल में इसका आयोजन किया जा रहा है। यह कार्यक्रम उन सभी के लिए खुला है जो किसी नए विचार को व्यावसायिक रूप देना चाहते हैं, चाहे वे विद्यार्थी हों, नौकरीपेशा हों या वर्तमान में स्टार्टअप चला रहे उद्यमी। इस तीन दिवसीय आयोजन में मेंटोरशिप, टीम बिल्डिंग, पिच प्रेजेंटेशन और निवेशकों से संवाद जैसी गतिविधियां शामिल होंगी। विकासगढ़ के संस्थापक और मुख्य कार्यकारी अधिकारी मेराज मीर ने बताया कि इस कार्यक्रम में 10 से अधिक निवेशक, 20 से अधिक अनुभवी मेंटर्स, 50 संभावित स्टार्टअप टीमें और 100 से अधिक प्रतिभागी हिस्सा लेंगे। स्टार्टअप अवसरों पर जानकारी उन्होंने ग्लोबल स्टार्टअप एक्सीलेरेटर टेक स्टार और इसकी विश्वभर में स्टार्टअप व उद्यमिता गतिविधियों में भूमिका पर भी प्रकाश डाला। यह आयोजन युवाओं, छात्रों, स्टार्टअप फाउंडर्स और प्रोफेशनल्स को व्यापक मार्गदर्शन और नेटवर्किंग के अवसर प्रदान करेगा। स्टार्टअप की ओर प्रेरित करने का आह्वान कलेक्टर ने युवाओं से अपने नवीन विचार साझा करने और टीम बनाकर उन्हें व्यावहारिक रूप देने का आग्रह किया। उन्होंने बताया कि इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य राज्य के युवाओं को स्टार्टअप इकोसिस्टम की ओर प्रेरित करना, उनके विचारों को प्रोजेक्ट के रूप में विकसित करना और आवश्यक मार्गदर्शन प्रदान करना है। कलेक्टर ने यह भी कहा कि यह आयोजन पूरे छत्तीसगढ़ में अपनी तरह का पहला है। यह धमतरी को स्टार्टअप हब के रूप में स्थापित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। युवाओं की क्षमता पर क्षेत्रीय विधायक का विश्वास कार्यक्रम में पहुंचे क्षेत्रीय विधायक ओंकार साहू ने कहा कि धमतरी के युवाओं में अपार क्षमता है और ऐसे आयोजन से उन्हें अपने कौशल और रचनात्मकता को दिशा देने का अवसर मिलेगा। उन्होंने आशा जताई कि धमतरी से कई सफल स्टार्टअप सामने आएंगे और रोजगार के नए अवसर बनेंगे। महापौर ने तकनीकी नवाचार को बढ़ावा देने की बात कही महापौर रामू रोहरा ने कहा कि नगर निगम नवाचार और तकनीकी प्रगति को बढ़ावा देने के लिए हर संभव सहयोग करेगा। उन्होंने युवाओं से कहा कि वे समाज की समस्याओं को पहचानकर उनके समाधान के लिए तकनीक-आधारित मॉडल विकसित करें। पूर्व विधायक ने युवाओं को आत्मविश्वास के साथ आगे बढ़ने की सलाह दी पूर्व विधायक रंजना साहू ने युवाओं को आत्मविश्वास और दृढ़ता के साथ आगे बढ़ने की प्रेरणा दी। उन्होंने कहा कि आधुनिक समय में स्टार्टअप रोजगार सृजन का बड़ा माध्यम बनकर उभर रहा है और ऐसे आयोजन स्थानीय प्रतिभाओं को मंच प्रदान करते हैं।
राजस्थान माध्यमिक शिक्षा बोर्ड की ओर से एक विशेष प्रतियोगिता का आयोजन किया जाएगा। बजट घोषणा के तहत स्कूलों में निबंध, आशु भाषण, क्विज और चित्रकला प्रतियोगिता होगी। पहले स्कूल स्तर, फिर ब्लॉक-जिला व राज्य स्तर पर होगी। विजेताओं को पुरस्कृत किया जाएगा। इसकी शुरुआत 5 दिसम्बर से होगी और कक्षा 9वीं से 12वीं तक के स्टूडेंट्स भाग ले सकेंगे। बोर्ड सचिव गजेन्द्र सिंह राठौड़ ने बताया- साल 2025-26 में बोर्ड से सम्बद्धता प्राप्त सरकारी व प्राइवेट में कक्षा 9 से 12 तक अध्ययनरत विद्यार्थियों के लिए सस्टेनेबल डेवलपमेंट तथा ग्रीन ग्रोथ के सिद्धांतों को आत्मसात करने और इससे जुडे कौशल विकास के लिए ग्रीन ग्रोथ स्किल अभियान के अन्तर्गत निबंध आधारित गतिविधि प्रतियोगिता, आशुभाषण-आधारित गतिविधि प्रतियोगिता, क्विज (प्रश्नोत्तरी) आधारित गतिविधि प्रतियोगिता, चित्रकला आधारित गतिविधि प्रतियोगिता, निबंध - आधारित गतिविधि प्रतियोगिताओं का आयोजन किया जाएगा। स्कूल स्तर पर यह प्रतियोगिता 5 दिसंबर को, ब्लॉक स्तर पर 6 से 9 दिसंबर के मध्य, जिला स्तर पर 13 से 16 दिसंबर के मध्य तथा राज्य स्तर पर 15 से 17 जनवरी 2026 के मध्य आयोजित की जाएगी। पुरस्कारों में जिला स्तर पर प्रथम पुरस्कार 11000 रुपए, द्वितीय पुरस्कार 7000 रुपए तथा तृतीय पुरस्कार 5000 रुपए रखा गया है। वहीं, राज्य स्तर पर प्रथम पुरस्कार 51000 रुपए, द्वितीय 31000 रुपए और तृतीय 21000 रुपए रखा गया है। ............ पढें ये खबर भी... आईजी ऑफिस से ASP विजय सांखला का ट्रांसफर निरस्त:जिनेन्द्र जैन को अजमेर डिस्कॉम में पोस्टिंग, राजेश मील को केकड़ी में लगाया राजस्थान सरकार के गृह (ग्रुप-1) विभाग की ओर से शुक्रवार देर रात एक आदेश जारी कर राजस्थान पुलिस सेवा के अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (ASP) और अतिरिक्त पुलिस उपायुक्त (DYSP) स्तर के अधिकारियों के तबादले किए। पूरी खबर पढें
आगरा में एमजी रोड और हाइवे पर मेट्रो निर्माण कार्य के चलते ट्रैफिक और पार्किंग व्यवस्था पूरी तरह बिगड़ चुकी है। फुटपाथ तोड़कर सड़क में शामिल करने, मनमानी बैरिकेडिंग और पार्किंग स्पेस पर अतिक्रमण की वजह से नगर निगम की कई पार्किंग अस्थायी रूप से बंद या बाधित हो गई हैं। इससे निगम के राजस्व पर सीधा असर पड़ा है। सहायक नगर आयुक्त ने दी जानकारीसहायक नगर आयुक्त अशोक प्रिय गौतम ने बताया- मेट्रो कार्यों के कारण यदि निगम को वित्तीय हानि होती है, तो उसकी वसूली यूपी मेट्रो रेल कारपोरेशन (UPMRC) से की जाएगी। इस संबंध में निगम प्रशासन द्वारा कार्रवाई शुरू कर दी गई है। इस बाबत मेट्रो रेल कारपोरेशन को पत्र भी भेजा जा रहा है। यहां बढ़ी दिक्कत एमजी रोड, भगवान टाकीज, अंजना सिनेमा, राजामंडी–एसएन इमरजेंसी, वाटर वर्क्स सहित कई क्षेत्रों में पार्किंग पॉइंट या तो पार्किंग स्पेस खत्म होने से बंद हो चुके हैं या मनमाने स्थानों पर वाहनों के खड़े होने से जाम दैनिक समस्या बन गया है। भगवान टाकीज चौराहे पर अब सिटी बसों के खड़े होने के लिए भी जगह नहीं है, जिसके कारण उन्हें फ्लाईओवर के नीचे रोका जा रहा है। इससे जाम और बढ़ रहा है। हाइवे पर और बिगड़ेंगे हालात सुल्तानगंज की पुलिया से लेकर वाटर वर्क्स तक कई हिस्सों में सर्विस लेन समाप्त हो चुकी है। आने वाले चरणों में मेट्रो की और बैरिकेडिंग बढ़नी है, जिससे हाइवे पर भी पार्किंग और यातायात की स्थिति और खराब हो सकती है। नगर निगम ने उठाए सवाल निगम अधिकारियों के अनुसार शहर में अधिकांश पार्किंग सड़क किनारे संचालित हैं, जबकि शासनादेश इनके लिए वैकल्पिक क्षेत्र का उपयोग करने का निर्देश देते हैं। अव्यवस्थित बैरिकेडिंग और सड़क की चौड़ाई कम होने से इन पार्किंगों का संचालन लगभग असंभव हो गया है। नगर आयुक्त अंकित खंडेलवाल ने कहा है-एमजी रोड और हाइवे पर पार्किंग व्यवस्था पर मेट्रो निर्माण के प्रतिकूल प्रभाव को गंभीरता से लिया गया है। मेट्रो की बैरिकेडिंग और सड़क चौड़ीकरण के कारण यदि नगर निगम को राजस्व में किसी भी प्रकार की हानि होती है, तो उसकी भरपाई मेट्रो रेल कारपोरेशन से कराई जाएगी। इस संबंध में विस्तृत रिपोर्ट तैयार की जा रही है और मेट्रो अधिकारियों को पत्र भेजा जा रहा है। शहरवासियों को राहत देने के लिए हर स्तर पर प्रयास किए जा रहे हैं।
अलीगढ़ के बन्ना देवी थाना क्षेत्र में शनिवार को एक महिला कांस्टेबल ने अपने कमरे में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। महिला कांस्टेबल का शव उसके कमरे में फंदे से लटका मिला जिसके बाद पुलिस विभाग में हड़कंप मच गया। घटना की जानकारी मिलने पर बन्ना देवी थाना प्रभारी समेत पुलिस फोर्स मौके पर पहुंची और कांस्टेबल को तत्काल जिला अस्पताल लेकर पहुंचे। जहां पर डॉक्टरों ने महिला कांस्टेबल को मृत घोषित कर दिया है। महिला कांस्टेबल की तैनाती रोरावर थाना क्षेत्र में थी, वह किराए का कमरा लेकर बन्ना देवी क्षेत्र में रह रही थी। खबर अपडेट की जा रही है...
जौनपुर के मड़ियाहूं तहसील परिसर में बरसठी थाने की पुलिस गाड़ी को धक्का लगाते लोगों का एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। यह घटना तब हुई जब पुलिस टीम एक आरोपी को न्यायालय में पेश करने के लिए ले जा रही थी। जानकारी के अनुसार, बरसठी थानाध्यक्ष देवानंद रजक अपनी टीम के साथ शनिवार दोपहर एक मुलजिम को लेकर तहसील परिसर पहुंचे थे। मुलजिम को जौनपुर न्यायालय में पेश करने के लिए गाड़ी दोबारा चालू करने का प्रयास किया गया, लेकिन वह स्टार्ट नहीं हुई। इसके बाद, पुलिसकर्मियों और तहसील परिसर में मौजूद कुछ अन्य लोगों ने मिलकर गाड़ी को धक्का लगाना शुरू किया। यह नजारा मड़ियाहूं तहसील परिसर स्थित सीओ कार्यालय के पास का बताया जा रहा है। वायरल वीडियो और तस्वीरों में साफ दिख रहा है कि पुलिसकर्मी और आम लोग मिलकर गाड़ी को धक्का दे रहे हैं। कई बार प्रयास करने के बाद भी गाड़ी स्टार्ट नहीं हो पा रही थी, जिसका वीडियो इंटरनेट पर खूब साझा किया जा रहा है।
खरगोन में जादू-टोने पर विश्वास कम करने और वैज्ञानिक सोच बढ़ाने के लिए शिक्षकों और छात्रों के लिए 'जादू नहीं, विज्ञान' विषय पर एक जिलास्तरीय कार्यशाला आयोजित की गई। इसमें भगवानपुरा, झिरन्या, भीकनगांव, गोगांवा और खरगोन तहसील के आदिवासी क्षेत्रों से चुनकर आए विद्यार्थियों ने हिस्सा लिया। बच्चों ने नाटक के जरिए दिखाया कि जो चीजें लोग जादू समझते हैं, वे दरअसल वैज्ञानिक तरीके से की जाती हैं। बच्चों को समझाया जादू का विज्ञानविज्ञान अधिकारी दीपक कानूनगो ने बताया कि कार्यशाला में अलग-अलग वैज्ञानिक प्रयोगों से समझाया गया कि चमत्कार जैसी कोई चीज नहीं होती। जिन चीजों को लोग जादू मानते हैं, उनके पीछे भी वैज्ञानिक कारण होते हैं। उन्होंने कहा कि जादू के नाम पर लोगों को ठगने वालों से बचने के लिए वैज्ञानिक जागरूकता जरूरी है। कार्यक्रम की शुरुआत में जिला शिक्षा अधिकारी एस.के. कानुड़े ने कहा कि दुनिया में असली जादू कुछ नहीं है। तांत्रिक, ओझा और बड़वा जैसे लोग रसायनों और ट्रिक्स का इस्तेमाल करके लोगों को धोखा देते हैं। इसलिए हर किसी को विज्ञान के आधार पर सोचने की जरूरत है। कार्यशाला में छात्रों से अपील की गई कि वे वैज्ञानिक सोच को अपने घर और आसपास के लोगों तक पहुंचाएं। क्रीड़ा निरीक्षक हबीब बेग मिर्जा ने बताया कि नाटक के माध्यम से अंधविश्वास छोड़ने का संदेश भी दिया गया। इस मौके पर सहायक संचालक सोनालिका अचाले और कई शिक्षक मौजूद रहे।
पलवल जिले के हथीन क्षेत्र में गाड़ी का रास्ता रोककर चालक के साथ मारपीट करने और 30 हजार रुपए लूटने का मामला सामने आया है। हथीन थाना पुलिस ने घायल व्यक्ति की शिकायत पर आठ नामजद सहित अन्य के खिलाफ बीएनएस की विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। गोहपुर निवासी सद्दाम ने दी शिकायतहथीन थाना प्रभारी हरी किशन के अनुसार, गोहपुर गांव निवासी सद्दाम ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि वह ड्राइविंग का काम करता है। सुबह करीब नौ बजे वह अपनी गाड़ी लेकर दिल्ली जा रहा था। रास्ते में गांव के ही निवासी सकील, वकील, साहिद, मुरसलीम, आकिल, असगरी, अफसाना, तसलीमा और अन्य लोगों ने उसकी गाड़ी के आगे आकर रास्ता रोक लिया। ईंट और लाठियों से किया हमलासद्दाम ने बताया कि जैसे ही उसने गाड़ी रोकी, आरोपी मुरसलीम ने अपने हाथ में ली हुई ईंट गाड़ी के आगे वाले शीशे पर मारी, जिससे शीशा टूट गया। इसके बाद अन्य सभी आरोपियों ने हाथों में लिए लाठी-डंडों से उस पर और गाड़ी पर हमला कर दिया। हमले में उसकी नाक, सिर, गर्दन, छाती और कंधों पर गंभीर चोटें आईं। जेब से 30 हजार रुपए लूटेपीड़ित ने बताया कि घायल होकर जब वह जमीन पर गिर पड़ा तो आरोपी सकील ने उसकी जेब से 30 हजार रुपये निकाल लिए। इसके बाद आरोपियों ने उसे जान से मारने की नीयत से हमला जारी रखा। उसने किसी तरह बचने के लिए शोर मचाया, जिस पर गांव के अन्य लोग मौके पर पहुंच गए और उसे बचा लिया। आरोपियों ने दी जान से मारने की धमकीसद्दाम ने बताया कि जाते-जाते आरोपियों ने धमकी दी कि आज तो गांव वालों ने बचा लिया, लेकिन अगली बार कहीं मिला तो जान से खत्म कर देंगे। शिकायत में यह भी कहा गया है कि उसे डर है कि आरोपी दोबारा हमला कर सकते हैं। पुलिस ने शुरू की जांच, आरोपी फरारहथीन थाना पुलिस ने सद्दाम की शिकायत पर सभी नामजद आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है। थाना प्रभारी हरी किशन ने बताया कि पुलिस ने आरोपियों की तलाश में दबिश दी है, लेकिन वे फिलहाल घरों से फरार हैं। जल्द ही उन्हें गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
उन्नाव जिले के नवाबगंज विकासखंड अंतर्गत ग्राम पंचायत मकूर में टीकाकरण के कुछ ही घंटों बाद तीन माह के एक नवजात की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। परिजनों ने स्वास्थ्य विभाग की टीम पर लापरवाही का आरोप लगाया है। बीते शुक्रवार शाम स्वास्थ्य विभाग की टीम ने बच्चे को चार टीके लगाए थे। परिजनों के अनुसार, टीकाकरण के बाद बच्चे की तबीयत अचानक बिगड़ने लगी और रात में उसकी मृत्यु हो गई। घरवालों ने बताया कि टीका लगने के बाद बच्चे को तेज बुखार और सांस लेने में दिक्कत होने लगी थी। देर रात स्थिति गंभीर होने पर परिजन उसे लेकर अस्पताल भागे, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी। ग्रामीणों ने आशा कार्यकर्ता पर लापरवाही का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि टीकाकरण के बाद आशा कार्यकर्ता ने परिवार को किसी भी तरह की सावधानी, दवा या आपातकालीन हेल्पलाइन की जानकारी नहीं दी, जिससे बच्चे की हालत बिगड़ने पर परिजन असहाय महसूस करने लगे। कुछ ग्रामीणों ने टीकाकरण के दौरान पर्याप्त निगरानी न होने की शिकायत भी की। स्थानीय लोगों ने यह सवाल भी उठाया कि टीकाकरण टीम में मौजूद स्वास्थ्यकर्मियों ने प्री-स्क्रीनिंग और पोस्ट-ऑब्ज़र्वेशन प्रोटोकॉल का पालन किया या नहीं। हालांकि, इन आरोपों की अभी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है, लेकिन परिजनों ने स्वास्थ्यकर्मियों के व्यवहार और समय पर सहायता न मिलने पर असंतोष व्यक्त किया है। सीएचसी नवाबगंज के अधीक्षक डॉ. पंकज ने मामले की पुष्टि करते हुए बताया कि टीम के साथ घटनास्थल का दौरा किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि बच्चे की मौत की परिस्थितियों की गहन जांच की जाएगी और दोषी पाए जाने पर कार्रवाई होगी। सूत्रों के अनुसार, स्वास्थ्य विभाग इस मामले में एक प्राथमिक जांच टीम गठित करने की तैयारी कर रहा है। यह टीम जांच करेगी कि टीकाकरण सही प्रोटोकॉल के अनुसार हुआ था या नहीं, बच्चे को कौन से टीके लगाए गए थे, क्या उसे पहले से कोई रिएक्शन था, और परिवार को पर्याप्त जानकारी दी गई थी या नहीं। अजगैन पुलिस ने हंगामा कर रहे परिजनों को समझा-बुझाकर बच्चे के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा है।
बिलासपुर के कथित तांत्रिक और पूर्व सीएम भूपेश बघेल के करीबी कृष्ण कुमार श्रीवास्तव उर्फ केके के खिलाफ तेलीबांधा पुलिस ने चार्जशीट पेश कर दी है। इसमें कई खुलासे हुए हैं। चार्जशीट में पुलिस ने दावा किया कि केके और उसके बेटे कंचन ने करोड़ों रुपए चीन और ऑस्ट्रेलिया में निवेश किया है। यह पैसा हवाला के माध्यम से भेजा गया है। दोनों के बैंक खातों की जांच में 441 करोड़ रुपए के लेन-देन का रिकॉर्ड मिला है। दोनों के मोबाइल की फॉरेंसिक जांच में पता चला है कि इन्होंने ऑनलाइन सट्टा एप महादेव बुक से जुड़ी मेस्टिजिक कंपनी में भी निवेश किया है। ठेका दिलाने का झांसा देकर 15 करोड़ लिए पुलिस के मुताबिक पिछली सरकार में बिलासपुर निवासी केके श्रीवास्तव (64) बेहद प्रभावशाली था। वह कई बड़े नेताओं से जुड़ा हुआ था। उसने नोएडा की रावत एसोसिएट कंपनी के मालिक अर्जुन सिंह को स्मार्ट सिटी के तहत 500 करोड़ के ठेके दिलाने का झांसा दिया और उनसे 15 करोड़ रुपए ले लिए। बता दें कि तेलीबांधा थाने में एफआईआर होने के बाद केके और कंचन फरार हो गए थे। पुलिस ने लंबी जांच के बाद 24 जून को केके को भोपाल से गिरफ्तार किया। कार से भागा नागपुर, फिर दिल्ली दूसरी ओर, युवा कांग्रेसी नेता आशीष शिंदे जांच के दौरान अपनी कार CG 04 PP 0007 में केके को छिपाकर नागपुर ले गया। वहां कुछ दिन रहने के बाद दोनों दिल्ली पहुंचे। लगभग एक महीने तक वहां छिपे रहने के बाद केके भोपाल आया और शिंदे रायपुर लौट गया। पुलिस ने शिंदे को आरोपी की मदद करने के लिए गिरफ्तार किया है। कमीशन पर लिए गए खाते चार्जशीट में कहा गया है कि कंचन ने अपने परिचित अब्बास अली और कई अन्य लोगों के बैंक खातों का उपयोग पैसों के लेन-देन के लिए किया। इनके खातों में करोड़ों रुपए के ट्रांजैक्शन मिले हैं। कई खातों को कमीशन पर लिया गया था। पुलिस ने आईसीआईसीआई बैंक, यस बैंक, आईडीएफसी, एचडीएफसी, इंडसइंड बैंक, कोटक महिंद्रा, पीएनबी, बैंक ऑफ बड़ौदा, एसबीआई, कैनरा बैंक और एक्सिस बैंक से लेन-देन का रिकॉर्ड खंगाला है। 5 खातों में 15 करोड़ रुपए ट्रांसफर अर्जुन सिंह ने ठेका मिलने की उम्मीद में 10 से 17 जुलाई 2023 के बीच कंचन और केके को 15 करोड़ रुपए भेजे। यह रकम अकाउंट नंबर 14900500…, 500000…, 0026050… 10126077… 001063400… में ट्रांसफर की गई। इनमें से तीन खाते बिलासपुर के अब्बास अली के नाम पर हैं, जो केके श्रीवास्तव के लिए काम करता था। केके पिता-पुत्र लगातार अर्जुन से संपर्क में थे और उन्हें वॉट्सएप पर स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट से जुड़े फर्जी दस्तावेज भेजते रहे, जिससे अर्जुन को भरोसा हो गया कि वह काम दिला देंगे। कुछ रकम लौटाने के बाद बाकी पैसा वापस नहीं किया गया। दोनों ने पैसे को निजी उपयोग में खर्च कर दिया। सीबीआई और ईडी करेगी जांच चार्जशीट में मनी लॉन्ड्रिंग और महादेव सट्टा बुक से संबंध का उल्लेख किया गया है। रिपोर्ट ईडी और सीबीआई को भेजी गई है। ईडी ने जांच शुरू कर दी है और सीबीआई भी जल्द पूछताछ करेगी। महादेव सट्टा मामले की जांच सीबीआई कर रही है और अब तक 120 से अधिक लोगों के बयान लिए जा चुके हैं। इस मामले में केके श्रीवास्तव का नाम सामने आया है। सूत्रों के अनुसार, सीबीआई दिसंबर में पहला चार्जशीट दाखिल करने वाली है। इसमें गिरफ्तार आईपीएस और रापुसे अधिकारियों को बड़ी राहत मिल सकती है। कंचन घूम रहा, रिकॉर्ड में फरार पुलिस ने कंचन और अब्बास अली को फरार बताया है। जबकि कंचन को रायपुर और बिलासपुर में देखा गया है। पुलिस ने उसे बनारस से हिरासत में लिया था। उसे पूछताछ कर छोड़ दिया, जबकि एफआईआर में भी नामजद आरोपी है। ........................... इससे जुड़ी खबर भी पढ़ें... पूर्व CM के करीबी 'KK' अरेस्ट...कारोबारी से ठगे 15 करोड़: NS इंटरप्राइजेस-RH इंटरनेशनल के नाम रकम ट्रांसफर; छत्तीसगढ़ के बड़े नेता इससे कराते थे तांत्रिक-पूजा छत्तीसगढ़ EOW की टीम ने पूर्व CM भूपेश बघेल के करीबी केके श्रीवास्तव को भोपाल से गिरफ्तार किया है। केके पर 500 करोड़ का प्रोजेक्ट दिलाने का झांसा देकर 15 करोड़ की ठगी करने का आरोप है। केके को EOW और ED टीम सालभर से तलाश कर रही थी। पढ़ें पूरी खबर...
बस्ती में 151 कुंडीय गायत्री महायज्ञ:तीसरे दिन ध्यान-योग, यज्ञ अनुष्ठान में उमड़ी भीड़
बस्ती के राजकीय इंटर कॉलेज में आयोजित विराट 151 कुंडीय गायत्री महायज्ञ एवं प्रज्ञा पुराण कथा के तीसरे दिन आस्था और आध्यात्मिकता का संगम देखने को मिला। प्रातः 6 बजे से 7 बजे तक चले ध्यान साधना एवं प्रज्ञा योग सत्र ने श्रद्धालुओं को शांति और सकारात्मक ऊर्जा से भर दिया। सुबह के शांत वातावरण में मंत्र-ध्वनि और साधना की पवित्रता ने पूरे परिसर को आध्यात्मिक रंग में रंग दिया। योग-ध्यान के बाद प्रातः 8 बजे से दोपहर 12 बजे तक गायत्री महायज्ञ की मुख्य अनुष्ठान प्रक्रिया संपन्न कराई गई। यज्ञ का संचालन गुरु राजकुमार भृगु ने किया, जिन्होंने वेदमंत्रों के उच्चारण के साथ विविध संस्कारों को पूर्ण कराया। हवनकुंडों से उठती आहुति की सुगंध और मंत्रोच्चार से पूरा वातावरण भक्तिमय हो उठा। श्रद्धालुओं ने पारिवारिक सुख-समृद्धि, मानसिक शांति और राष्ट्र कल्याण की कामना के साथ आहुतियां अर्पित कीं। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में लोगों ने भाग लिया। प्रमुख उपस्थित गणमान्य नागरिकों में जय राम, अनुप गौड़, विशाल कुमार श्रीवास्तव, मनोज कुमार सिंह, ओमप्रकाश, विश्वास कुमार श्रीवास्तव और राम कमाल सिंह शामिल थे। आयोजकों ने बताया कि महायज्ञ का मुख्य उद्देश्य समाज में सद्भाव, नैतिक जागरूकता और आध्यात्मिक चेतना का प्रसार करना है। आयोजक समिति के अनुसार, प्रतिदिन प्रातःकाल ध्यान-योग और दिन में यज्ञ-कथाओं के माध्यम से लोगों को आध्यात्मिक व सांस्कृतिक मूल्यों से जोड़ने का प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने यह भी बताया कि आगामी दिनों में भी विभिन्न अनुष्ठान और सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। महायज्ञ के तीसरे दिन भी श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ी, जिससे परिसर में उत्साह और भक्ति का माहौल बना रहा। आयोजक समिति ने सभी से अधिक से अधिक संख्या में भाग लेकर कार्यक्रम को सफल बनाने की अपील की है।
लुधियाना पूर्व MLA के ऑफिस बाहर युवक की लाश मिली:एक हफ्ते से था युवक लापता जाँच में जुटी पुलिस
लुधियाना के ताजपुर रोड स्थित पूर्व विधायक कार्यालय के बाहर बुधवार दोपहर करीब 12:30 बजे उस समय सनसनी फैल गई जब एक राहगीर ने सड़क किनारे एक युवक का शव पड़ा देखा। उसने तुरंत इसकी सूचना पुलिस कंट्रोल रूम को दी। जानकारी मिलते ही शिंगार चौकी की पुलिस टीम मौके पर पहुंची और जांच शुरू की। मृतक की पहचान अश्वनी कुमार निवासी टीबा रोड जो की किराए पर रहता था के रूप में हुई है। प्राथमिक जांच के अनुसार अश्वनी पिछले लंबे समय से घर से बाहर रह रहा था और नशे का आदी था। मृतक के भाई गोपी ने बताया कि अश्वनी कई वर्षों से नशा करता था और पिछले लगभग एक हफ्ते से घर नहीं लौटा था। हम उसे लगातार ढूंढ़ रहे थे लेकिन कोई सुराग नहीं मिला। आज सुबह पुलिस का फोन आया कि उसकी लाश ताजपुर रोड पर मिली है गोपी ने दुख जताते हुए कहा। जांच कर रहे पुलिस कर्मी रवि कुमार ने बताया कि सुबह कंट्रोल रूम से उन्हें कॉल मिली थी कि सड़क किनारे एक युवक बेहोश हालत में पड़ा है। हम तुरंत मौके पर पहुंचे। परिवार को भी सूचना दे दी गई है। पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया जाएगा उन्होंने बताया। हालांकि युवक की मौत कैसे हुई यह स्पष्ट नहीं हो पाया है। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद वास्तविक कारण का खुलासा होगा।
उदयपुर में बड़े भाई की हत्या करने वाला आरोपी गिरफ्तार:पत्नी से अवैध संबंध के शक में की थी हत्या
उदयपुर के ओगणा थाना इलाके में छोटे भाई ने अपनी पत्नी और बड़े भाई के बीच अवैध संबंधों के शक में बड़े भाई की हत्या कर दी। मामले में पुलिस ने आरोपी छोटे भाई हीरालाल को गिरफ्तार कर लिया है। थानाधिकारी रामवतार ने बताया कि पड़ावली चौकी के अंतर्गत लहुरों का वास में सोमवार शाम दोनों भाई साथ बैठकर शराब पी रहे थे, तभी उनमें झगड़ा हो गया। विवाद इतना बढ़ा कि मारपीट शुरू हो गई। इसी बीच छोटे भाई हीरालाल ने बड़े भाई रता पर लट्ठ से हमला कर दिया। हमले से रता बुरी तरह घायल हो गया तभी आरोपी छोटा भाई हीरालाल मौके से फरार हो गया। परिवार वाले घायल को फौरन अस्पताल ले गए, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। सूचना मिलते ही पुलिस रात में घटनास्थल पर पहुंची और शव को गोगुंदा हॉस्पिटल की मॉर्च्युरी में रखवाया। साथ शराब पी रहे थे, तभी हुआ था विवादआरोपी गांव में इधर-उधर छिपकर फरारी काट रहा था। तभी पुलिस ने उसे पकड़ लिया। पूछताछ में उसने बताया कि उसकी पत्नी और बड़े भाई रता के बीच अवैध संबंध की शंका को लेकर शराब पीने के दौरान विवाद हो गया। मौका देखकर उसने बड़े भाई पर लट्ठ से हमला कर दिया था। पुलिस ने आरोपी की निशानदेही पर घटना में प्रयोग लिया लट्ठ बरामद कर लिया। वहीं, आरोपी को कोर्ट में पेश किया गया। जहां से उसे जेल भेज दिया है। इससे जुड़ी ये खबर भी पढ़ें... उदयपुर में छोटे भाई ने की बड़े भाई की हत्या:शराब पीने के दौरान हुआ था दोनों में झगड़ा, लाठी से वार कर मार डाला उदयपुर के ओगणा थाना क्षेत्र की पड़ावली चौकी क्षेत्र में लहुरो का वास में छोटे भाई ने बड़े भाई की हत्या कर दी। आरोपी ने बड़े भाई पर लाठी से हमला कर दिया जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई।(पूरी खबर पढ़ें)
सक्ती जिले में सरकारी स्कूलों के लिए स्वच्छता सामग्री की खरीदी में बड़े पैमाने पर अनियमितताएं हुई है। जांच के बाद स्कूल शिक्षा विभाग ने तीन विकासखंड शिक्षा अधिकारियों को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। बिलासपुर संभाग के संयुक्त संचालक शिक्षा ने इस मामले की विस्तृत जांच की थी। जांच में पाया गया कि स्वच्छता सामग्री खरीदने में भंडार क्रय नियमों की गंभीर अवहेलना की गई। सामग्री का भौतिक सत्यापन नहीं किया गया और घटिया गुणवत्ता के सामान ज्यादा दर पर खरीदी गईं, जिससे सरकार को आर्थिक नुकसान पहुंचा। बता दें कि इस गड़बड़ी की शिकायत भाजपा नेता ने की थी। जिसके बाद यह कार्रवाई हुई। भाजपा नेता ने की थी शिकायत यह पूरा मामला तब उजागर हुआ जब सक्ती नगर मंडल के भाजपा महामंत्री अभिषेक शर्मा ने स्वच्छता सामग्री खरीद में गड़बड़ी की शिकायत की थी। शिकायत के बाद विभाग ने विस्तृत जांच कराई। शासन ने आदेश जारी करते हुए बताया कि डभरा के विकासखंड शिक्षा अधिकारी श्यामलाल वारे, जैजैपुर के विकासखंड शिक्षा अधिकारी वी. के. सिदार और मालखरौदा के तत्कालीन विकासखण्ड शिक्षा अधिकारी टी. एस. जगत को निलंबित किया गया है। इन अधिकारियों पर गुणवत्ता मानकों का पालन न करने और खरीद प्रक्रिया को आवश्यक दस्तावेजी व भौतिक प्रक्रिया के अनुसार संपादित न करने का आरोप है। शासन ने इसे गंभीर कदाचार मानते हुए छत्तीसगढ़ सिविल सेवा (वर्गीकरण, नियंत्रण एवं अपील) नियम 1966 के तहत तीनों अधिकारियों को निलंबित कर दिया है। निलंबन अवधि में उनका मुख्यालय जिला शिक्षा अधिकारी कार्यालय, सक्ती निर्धारित किया गया है। जनता के पैसे की बर्बादी- शिकायतकर्ता शिकायतकर्ता अभिषेक शर्मा ने इस कार्रवाई का स्वागत करते हुए कहा कि यह जनता के पैसे का दुरुपयोग था। उन्होंने मांग की कि यह कार्रवाई केवल शुरुआत है और सक्ती जिले में जहां-जहां भ्रष्टाचार हुआ है, वहां व्यापक जाँच होनी चाहिए, ताकि दोषियों को कड़ा दंड मिल सके। सप्लायरों, बिलिंग प्रक्रिया और भुगतान की भी हो सकती है जांच निलंबन आदेश जारी होते ही सक्ती जिले से लेकर बिलासपुर संभाग तक शिक्षा विभाग में हलचल मच गई है। कई शिक्षक और कर्मचारियों ने इसे ऐतिहासिक कदम बताते हुए कहा कि पहली बार तीन विकासखंडो पर एक साथ इतनी बड़ी कार्रवाई की गई है। वहीं, जानकारी के अनुसार विभाग अब स्वच्छता सामग्री आपूर्ति से जुड़े सप्लायरों, बिलिंग प्रक्रिया और भुगतान चक्र की भी जांच करने की तैयारी में है। माना जा रहा है कि आगे की कार्रवाई में और नाम भी सामने आ सकते हैं।
गणेश शंकर विद्यार्थी मेडिकल कॉलेज के पेडियाट्रिक विभाग के पूर्व विभागाध्यक्ष डॉ. यशवंत राय के नेतृत्व में एमबीबीएस छात्रों की पढ़ाई में 'स्मार्ट क्लास और पावर पॉइंट आधारित शिक्षा' इन दोनों तरीकों में से कौन अधिक प्रभावी है, इसे जानने के लिए एक महत्वपूर्ण अध्ययन किया गया। इस रिसर्च टीम में वरिष्ठ चिकित्सक डॉ. नमिता और डॉ. ध्रुव अग्रवाल को भी शामिल किया गया। डिजिटल तरीकों के प्रभाव को समझा गया भारत जैसे देशों में अभी भी पारंपरिक तरीकों से पढ़ाया जाता है। ऐसे में डिजिटल तरीकों का प्रभाव समझना जरूरी था। इसलिए इस स्टडी में यह जाना गया कि क्या स्मार्ट बोर्ड से पढ़ाने पर छात्रों की सीखने और याद रखने की क्षमता में सुधार होता है। 360 छात्रों को चुना गया, दो समान बैच बनाए गए अप्रैल से जुलाई 2025 के बीच जीएसवीएम मेडिकल कॉलेज में यह अध्ययन राष्ट्रीय स्तर पर नियंत्रित परीक्षाओं के साथ किया गया। कुल 450 छात्रों में से 360 को शामिल किया गया और दो समूहों में इन्हें बांटा गया। पहले समूह को स्मार्ट बोर्ड के माध्यम से पढ़ाया गया और दूसरे समूह को पावर पॉइंट स्लाइड्स से पारंपरिक तरीके से पढ़ाया गया। स्मार्ट बोर्ड समूह में शिक्षक स्क्रीन पर लिख सकते थे, चित्र हाइलाइट कर सकते थे और विभिन्न वीडियो व डिजिटल सामग्री जोड़ सकते थे। वहीं पावर पॉइंट समूह में केवल स्लाइड्स दिखाई गईं। तीन चरणों में किया गया मूल्यांकन स्टूडेंट्स के सीखने का मूल्यांकन OSCE के जरिए किया गया। पहले क्लास खत्म होते ही दोनों समूहों का प्रदर्शन लगभग समान पाया गया। एक महीने बाद स्मार्ट बोर्ड समूह में शामिल स्टूडेंट की समझने की क्षमता और याद रखने की क्षमता 46.1% थी तो पावर पॉइंट समूह में मात्र 40.3% ही रही। दो महीने बाद स्मार्ट क्लास छात्रों का प्रदर्शन 45% तो पावर पॉइंट ग्रुप का 39% यानी लंबे समय तक याद रखने में भी स्मार्ट क्लास अधिक प्रभावी रहा। टीचर–स्टूडेंट दोनों की प्रतिक्रिया स्मार्ट क्लास के पक्ष में छात्रों ने माना कि स्मार्ट क्लास अधिक रोचक, आसानी से समझने योग्य और याद रखने में सहायक है। शिक्षकों ने भी माना कि स्मार्ट बोर्ड क्लास में छात्रों की सहभागिता बढ़ी हालांकि पावर पॉइंट स्लाइड्स तैयार करना तुलनात्मक रूप से आसान रहा। केजीएमयू से ली अनुमति, अब शोध “इंडियन जर्नल ऑफ मेडिकल रिसर्च में प्रकाशित डॉ. राय ने बताया कि बेसिक कॉन्सेप्ट्स मजबूत करने के उद्देश्य से उन्होंने केजीएमयू में एडवांस कोर्स इन मेडिकल एजुकेशन के तहत अनुमति ली। अध्ययन के सकारात्मक परिणाम सामने आने पर यह शोध इंडियन जर्नल ऑफ मेडिकल रिसर्च में प्रकाशित हो चुका है। इस अध्ययन में स्पष्ट हुआ कि वरिष्ठ छात्रों में सीखने और याद रखने की क्षमता बढ़ाने के लिए स्मार्ट बोर्ड आधारित शिक्षा पावर पॉइंट की तुलना में अधिक प्रभावी है। डिजिटल तकनीकों की उपलब्धता बढ़ने पर यह तरीका मेडिकल शिक्षा की क्वालिटी सुधारने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है।
बरेली के सुभाषनगर क्षेत्र में एक नवविवाहिता की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। 24 वर्षीय ज्योति का शव शनिवार सुबह घर के पीछे बने तालाब में मिला। सूचना पर पहुंची पुलिस ने जांच शुरू कर दी है और मृतका के पति को पूछताछ के लिए हिरासत में लिया है। परिवार के अनुसार, सुबह करीब 7:30 बजे एक पड़ोसी ने तालाब में किसी के गिरे होने की सूचना दी। परिजन मौके पर पहुंचे तो ज्योति का शव तैरता मिला। उसे तुरंत बाहर निकालकर विनायक अस्पताल और फिर प्रताप अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। ज्योति के पिता ने बताया कि उनकी बेटी की शादी 1 नवंबर को हुई थी, जिसे अभी एक महीना भी पूरा नहीं हुआ था। उन्होंने बताया कि शुक्रवार शाम को उन्होंने ज्योति को फोन किया था, लेकिन उसने उठाया नहीं। शनिवार सुबह संपर्क करने पर ससुराल वालों ने तबीयत खराब होने और अस्पताल ले जाने की बात कही, जिसके कुछ देर बाद उसकी मौत की सूचना मिली। मायके पक्ष का कहना है कि ज्योति आत्महत्या नहीं कर सकती। पिता ने यह भी बताया कि उन्होंने शादी में पूरा दहेज दिया था और ज्यादातर सामान अभी तक खुला भी नहीं था, जिससे वे किसी अनहोनी की आशंका जता रहे हैं। थाना सुभाषनगर प्रभारी ने बताया कि मायके पक्ष की सूचना पर पुलिस टीम मौके पर पहुंची और जांच की। मृतका के पति को पूछताछ के लिए हिरासत में लिया गया है। शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया गया है। रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के वास्तविक कारणों का पता चलेगा और आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
नई दिल्ली के भारत मंडपम में चले अंतरराष्ट्रीय व्यापार मेले-2025 में हरियाणा को स्वच्छ मंडप में गोल्ड मेडल मिला है। व्यापार मेले में अलग-अलग श्रेणियों में मेडल दिए गए थे, इसमें हरियाणा प्रदेश के पवेलियन ने स्वच्छ मंडप में बाजी मारी है। मंडप के निदेशक अनिल चौधरी ने बताया कि 14 नवंबर से 27 नवंबर तक 14 दिन चले इस 44वें अंतरराष्ट्रीय व्यापार मेले में हरियाणा पवेलियन लोगों के विशेष आकर्षण का केंद्र रहा। पवेलियन में हरियाणवी संस्कृति, निरंतर जारी इनोवेशन और प्रदेश के विकास की झलक देखने को मिल रही थी। मेले के समापन के उपरांत पुरस्कार वितरण समारोह आयोजित किया गया था, इसमें हरियाणा पवेलियन ने स्वच्छ मंडप में गोल्ड मेडल जीता है। एआई ताऊ ने खींचा सभी का ध्यान निदेशक अनिल चौधरी ने बताया कि पवेलियन में यूं तो कला व संस्कृति से जुड़ी बहुत से नए प्रयोग किए गए थे लेकिन इस बार एक नया प्रयोग एआई ताऊ का किया गया था। आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस से बनाए गया ताऊ हंसा-हंसाकर लोगों को हरियाणा सरकार से जुड़ी अलग-अलग योजनाओं की जानकारी देता था। यह पवेलियन में विशेष आकर्षण का केंद्र था। जैसे ही कोई व्यक्ति बटन दबाता था एआई ताऊ खड़ा हो जाता था और हरियाणवी अंदाज में बात करने लगता था। अलग-अलग स्टॉल भी रहे आकर्षण का केंद्र उन्होंने बताया कि हरियाणा पवेलियन में अलग-अलग स्टॉल लगाए गए थे। इसमें 11 कारीगरों और स्वयं सहायता समूह ने स्टॉल लगाए थे जबकि 22 एमएसएमई ने अपने स्टॉल लगाए थे। ये भी खरीदारों के आकर्षण का केंद्र रहे। हरियाणा पवेलियन एक भारत-श्रेष्ठ भारत के थीम पर बनाया गया था। पवेलियन में सूरजकुंड मेला और गीता जयंती को दर्शाया गया था। लोगों ने पवेलियन में जमकर सेल्फी व फोटो क्लिक की और हरियाणा को जाना। निदेशक अनिल चौधरी ने बताया कि इस बार का मेला बेहद सोहार्दपूर्ण तरीके से संपन्न हुआ।
शाजापुर जिला अस्पताल के मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य केंद्र (MCH) में शनिवार को चाइल्ड वार्ड बनाने के लिए तोड़फोड़ की जा रही है और मलबा हटाया जा रहा है। इस निर्माण के कारण उड़ रही धूल से प्रसूताओं को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है, जिससे उन्हें सांस लेने में दिक्कत हो रही है। परिजन बोले-सांस लेने में तकलीफ हो रही है प्रसूताओं के परिजनों ने इस स्थिति पर चिंता व्यक्त की है। ग्राम तिलावत गोविंद निवासी भावना भीमावद ने बताया कि पिछले दो दिनों से उनके वार्ड में धूल आ रही है, जिससे सांस लेने में तकलीफ हो रही है। धूल के कारण उन्हें छींक, सर्दी और खांसी जैसी समस्याएं हो रही हैं, जिससे यहां रहना मुश्किल हो गया है। एक अन्य परिजन जय कुंवर ने भी धूल से हो रही परेशानी और बीमार पड़ने की बात कही। 15 महीने पहले सीएम ने किया था लोकापर्ण यह मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य केंद्र भवन 15 महीने पहले मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के हाथों लोकार्पित किया गया था। अब इसी नवनिर्मित भवन में चाइल्ड वार्ड बनाने के लिए तोड़फोड़ की जा रही है। उड़ती धूल प्रसूताओं और नवजात बच्चों को सीधे तौर पर प्रभावित कर रही है, जबकि उन्हें धूल से पूरी तरह बचाना आवश्यक है। सिविल सर्जन बोले-जल्द दूर की जाएगी समस्या इस मामले में सिविल सर्जन डॉ. बी.एस. मैना ने बताया कि अस्पताल में चाइल्ड वार्ड का निर्माण किया जा रहा है, जिसके लिए तोड़फोड़ की जा रही है। उन्होंने स्वीकार किया कि निर्माण एजेंसी लोक निर्माण विभाग (PWD) है और वे उनके अधिकारियों से चर्चा कर धूल की समस्या को जल्द दूर करवाएंगे।
कोरबा के मानिकपुर चौकी क्षेत्र अंतर्गत मुड़ापार बाजार रोड पर 24 वर्षीय अरमान खान को उसके परिजनों और आसपास के लोगों ने जमकर पीटा। युवक की हरकतों से परेशान होकर उसे पुलिस के हवाले कर दिया गया। अरमान खान पहले भी हत्या के प्रयास (धारा 307) के मामले में जेल जा चुका है। शुक्रवार देर शाम अरमान खान घर के आसपास उत्पात मचा रहा था। उसने घर की एक बुजुर्ग महिला के साथ अभद्र व्यवहार किया और मारपीट भी की। उसकी हरकतों से तंग आकर घरवालों और पड़ोसियों ने उसे सबक सिखाने के लिए पहले उसकी पिटाई की। इसके बाद उसके दोनों हाथ-पैर पकड़कर घर ले जाने का प्रयास किया गया। लगभग आधे घंटे तक यह ड्रामा चलता रहा, जिससे मौके पर लोगों की भीड़ जमा हो गई। उसकी हरकतों से परेशान होकर मानिकपुर चौकी पुलिस को इसकी शिकायत की गई। पुलिस ने युवक को चौकी लाकर परिजनों की शिकायत पर उसके खिलाफ कार्रवाई की। पिता के साथ भी कर चुका है मारपीट बताया जा रहा है कि अरमान खान पहले भी अपने पिता के साथ मारपीट कर चुका है। इस मामले की शिकायत भी मानिकपुर चौकी में की गई थी और उसके खिलाफ कार्रवाई भी हुई थी। इसके बावजूद उसकी हरकतों में सुधार नहीं आया, जिससे लोग लगातार परेशान हैं। मानिकपुर चौकी में पदस्थ एएसआई अमर जायसवाल ने बताया कि अरमान खान के खिलाफ प्रतिबंधात्मक कार्रवाई की गई है। उन्होंने यह भी पुष्टि की कि युवक इससे पहले भी धारा 307 (हत्या का प्रयास) के मामले में जेल जा चुका है।
हरियाणा के नारनौल में मोहल्ला गुदड़ी में चोरी की वारदात सामने आई है। पीड़ित मकान मालिक ने शहर थाना पुलिस को इस बारे में शिकायत दी है। जिसके आधार पर पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस को दी गई शिकायत में मोहल्ला गुदड़ी के जितेंद्र यादव ने बताया कि 26/27 नवंबर की रात लगभग 11 बजे उनके परिवार के सदस्य पत्नी और बेटा घर बंद कर सो गए थे। रात के समय अचानक उसकी पत्नी को घर में शोर सुनाई दिया, जिससे उनकी नींद खुल गई। जब उन्होंने देखा तो तीन अज्ञात व्यक्ति घर के अंदर चोरी करते हुए दिखाई दिए। फोन कर घर बुलाया पत्नी द्वारा फोन करने पर जितेंद्र यादव तुरंत घर पहुंचे और सामान चेक किया। जांच करने पर सामने आया कि संदूक में रखी लगभग 65,000 रुपए की नगदी जो दो तीन दिन पहले भैंस बेचकर मिली थी। वह चोरी हो चुकी थी। इसके अलावा 3 चांदी की पाजेब, 4 चुटकी पायल की, 3 सोने की चेन, सोने की एक जोड़ी झुमकी, तथा OPPO कंपनी का मोबाइल फोन सिम सहित भी गायब था। साथ ही इसी कंपनी का दूसरा बिना सिम वाला मोबाइल फोन भी चोरी हो गया। डायल 112 को दी सूचना पीड़ित ने बताया कि घटना के तुरंत बाद उन्होंने 112 नंबर पर कॉल कर सूचना दी, जिस पर पुलिस मौके पर पहुंची थी। जितेंद्र यादव का कहना है कि वह घटना के बाद अपने स्तर पर लगातार चोरों की तलाश करते रहे, लेकिन अब तक कोई सुराग नहीं मिला। उसने पुलिस प्रशासन से मांग की है कि अज्ञात चोरों की पहचान कर चोरी हुए सामान को बरामद कराया जाए और आरोपियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाए।
डूंगरपुर में मनरेगा कार्यों की स्वीकृतियां जारी कर श्रमिकों को रोजगार देने और किसानों को फसल खराबे का मुआवजा प्रदान करने की मांग को लेकर कांग्रेस का कलेक्ट्रेट पर अनिश्चितकालीन धरना जारी है। धरने के छठे दिन सागवाड़ा विधानसभा क्षेत्र के कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने पूर्व सांसद ताराचंद भगोरा के नेतृत्व में प्रदर्शन किया। इस प्रदर्शन में पूर्व सांसद ताराचंद भगोरा, सरपंच संघ सागवाड़ा के ब्लॉक अध्यक्ष एवं सागवाड़ा से विधानसभा प्रत्याशी रहे कैलाश रोत, पूर्व पालिका अध्यक्ष नरेंद्र खोडनिया सहित सागवाड़ा विधानसभा क्षेत्र के कई कार्यकर्ता शामिल हुए। उन्होंने भाजपा सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। कांग्रेस नेताओं ने डूंगरपुर जिले में मनरेगा योजना के तहत स्वीकृतियां जारी न होने से श्रमिकों को रोजगार न मिलने और किसानों को फसल खराबे का मुआवजा न मिलने पर विरोध जताया। उन्होंने सरकार पर इन महत्वपूर्ण मुद्दों की अनदेखी करने का आरोप लगाया। पूर्व सांसद ताराचंद भगोरा और कांग्रेस नेता कैलाश रोत ने भाजपा सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि पूर्ववर्ती यूपीए सरकार ने मनरेगा के माध्यम से लोगों को 100 दिन के रोजगार की गारंटी दी थी। लेकिन भाजपा सरकार के कार्यकाल में डूंगरपुर जिले में मनरेगा का बुरा हाल है। उन्होंने आरोप लगाया कि योजना में काम स्वीकृत न होने से लोगों को रोजगार नहीं मिल रहा है, वहीं भुगतान भी समय पर नहीं हो रहा है। उन्होंने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में मनरेगा के काम चलने से श्रमिक और व्यापारी दोनों के हाथ में पैसा आता था, जिससे गरीबों के घरों का चूल्हा जलता था। आज मनरेगा में काम न मिलने के कारण श्रमिक रोजगार के लिए गुजरात पलायन करने को मजबूर हैं। कांग्रेस नेताओं ने यह भी कहा कि जब से भाजपा सरकार सत्ता में आई है, तब से भुगतान नहीं हो रहे हैं। जिले में वर्तमान में 2 लाख श्रमिकों को काम मिलना चाहिए। उन्होंने भाजपा सरकार पर श्रमिकों और गरीबों का अपमान करने का आरोप लगाया। इसके अतिरिक्त, कांग्रेस नेताओं ने किसानों को फसल खराबे का मुआवजा न मिलने और समय पर खाद उपलब्ध न होने जैसे कई अन्य मुद्दों पर भी सरकार की आलोचना की।
बालोतरा शहर के सिवाना फाटा आईटीआई कॉलेज के पास मेगा हाईवे पर देर रात एक बड़ा हादसा टल गया। सांचौर से बालोतरा की ओर आ रहा एक तेज रफ्तार ट्रक बेकाबू होकर सड़क के बीच बने डिवाइडर पर चढ़ गया घटना देर रात लगभग 1:30 बजे हुई। हादसे में डिवाइडर पूरी तरह से टूट गया। डिवाइडर पर ट्रक बीचोंबीच फंस गया। रात के समय यातायात कम होने से किसी प्रकार की जनहानि नहीं हुई। स्थानीय लोगों के अनुसार, ट्रक की अत्यधिक रफ्तार के कारण चालक वाहन पर नियंत्रण खो बैठा, जिससे यह हादसा हुआ। घटना की जानकारी सुबह आसपास के लोगों को मिली। सुबह लगभग 7-8 बजे स्थानीय लोगों की सहायता से एक क्रेन बुलाई गई। क्रेन की मदद से ट्रक को डिवाइडर से हटाया गया, जिसके बाद सड़क पर यातायात सामान्य रूप से बहाल हो सका। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है।
यूपी के पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव SIR को लेकर भाजपा और चुनाव आयोग पर जमकर भड़के। कहा- चुनाव आयोग और भारतीय जनता पार्टी मिले हुए हैं। आखिर SIR कराने की जल्दी क्यों है। नगर पालिका के सफाई कर्मचारियों को भी सहायक बनाया दिया गया है। अखिलेश ने शनिवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस कर रहे थे। इस दौरान उन्होंने मंच पर मलीहाबाद के मृतक BLO विजय कुमार वर्मा की पत्नी और बेटे को बुलाया। मृतक की पत्नी मंच पर अखिलेश के सामने फूट-फूट कर रोईं। कहा- पति की मौत ड्यूटी के दौरान ही हुई। जब से BLO ड्यूटी लगी थी। घर पर ठीक से बात भी नहीं करते थे। पूरा दिन काम करते रहते थे। रात में भी काम कर रहे थे। अचानक कुर्सी से गिर पड़े। अस्पताल ले गए तो ब्रेन हेमरेज बताया। अधिकारी धमकी देते थे कि काम पूरा करो वरना एफआईआर करा देंगे। दिन 200 फॉर्म भरने को कहते थे। कैसे भर सकते हैं इतने फॉर्म। घर में एक बेटा और मैं हूं। उन्होंने कहा- डीएम साहब कह रहे हैं कि बीमारी की वजह से रिलीव कर दिया गया था। लेकिन वो तो काम कर रहे थे। हमारी मदद करिए। इसके बाद अखिलेश ने उन्हें 2 लाख का चेक दिया। सरकार ने मांग की कि परिवार को सरकारी नौकरी दी जाए। सपा मुखिया ने कहा- अधिकारियों पर दबाव बनाया जा रहा है कि जिनकी मौत हो जाए, उन्हें ड्यूटी पर न दिखाया जाए।बहुत सारे बीएलओ को जानकारी नहीं है। बिना ट्रेनिंग की एसआईआर की प्रक्रिया का काम कराया जा रहा है। इसका जिम्मेदार कौन है। अखिलेश की प्रेस कॉन्फ्रेंस की बड़ी बातें... 1. BLO के परिवार पर दबाव बनाया जा रहाड्यूटी पर जान गंवाने वाले BLO पर अखिलेश ने कहा- साजिश रची जा रही है। कह रहे कि BLO ड्यूटी पर नहीं थे। स्कूलों, परिवार पर दबाव बनाया जा रहा है कि बीमार बताया जाए। सपा की पहले दिन से मांग रही है। यह बहुत जिम्मेदारी भरा काम है, सेंसिटिव इश्यू है। ये जो एसआईआर है, आखिरकार भाजपा जल्दबाजी में क्यों है। भाजपा और चुनाव आयोग दोनों मिले हुए हैं। यूपी में लगातार शादियां हो रही हैं। सब व्यस्त है। इतने कम समय में एसआईआर कराना पूरे प्रदेश का, कैसे संभव है। नगर पालिका के सफाई कर्मचारियों को सहायक बनाया हुआ है। तकनीकी चीजें हैं। ऐसे में बीएलओ काम नहीं कर पा रहे हैं। चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी सहायक के रूप में काम कर रहे हैं। बताइए ऐसे कैसे काम होगा। 2. वोट देने का अधिकार छीनेंगे, आरक्षण छीनेंगेसपा मुखिया ने कहा- अभी फॉर्म बांटने में हेराफेरी है, फिर कलेक्शन में होगी। अधिकारी कह रहे हैं कि सारे फॉर्म बांट दिए गए हैं। ग्राउंड पर जाकर देखिए तो पता चलेगा कि फॉर्म बंटा ही नहीं है। ये भाजपा की प्लानिंग है। एसआईआर के बहाने वोट देने का अधिकार छीनेंगे, आरक्षण छीनेंगे। पहचान छीनेंगे। फतेहपुर में भी बीएलओ के परिजन बता रहे थे कि उनके ऊपर लगातार दबाव बनाया जा रहा था। उसने आत्महत्या कर ली। वेस्ट बंगाल के लोग कह रहे हैं कि चुनाव आयोग के हाथ खून से रंग गए हैं। इनकी मदद कौन करेगा, जिनकी जान गई है। चुनाव आयोग का काम करीब से देखा है बाय इलेक्शन में। चुनाव आयोग मौन रहा। सीसीटीवी पर सब है। कौन-कौन है जिसने आपके वोट डाले। ये सोची समझी रणनीति है कि लोकतंत्र खत्म हो जाए। 3. घोसी में 20 हजार मतदाताओं के नाम डिलीटअखिलेश ने राजीव राय ने पत्र का जिक्र किया। कहा- बताया गया कि कोई मदद नहीं की जा रही है। घोसी में 20 हजार मतदाताओं के नाम डिलीट कर दिए गए हैं। ये तैयारी है भाजपा की। जिन्हें काम करने के लिए भेजा गया है, उनके पास जानकारी नहीं है। प्रशिक्षण नहीं है। एक बीएलओ से मिला। उसकी स्थिति ऐसी थी कि वो जिम्मेदारी को पूरी तरह से नहीं कर पा रहे थे। उन्होंने अपने रिश्तेदार को बुला रखा था, जो कंप्यूटर इंजीनियर था। बीजेपी संसाधन में मजबूत पार्टी है। उसने कंपनी हायर कर रखी है। नोएडा की एक कंपनी हयर की है। वोटर लिस्ट पर काम कर रही है। आयोग को लेकर कहा कि एक सफेद कपड़ा बहुत पहले ले जा चुका हूं। ये दुख की बात है कि ये संविधान को नहीं मानते। ये कम्युनल लोग हैं, सोशलिस्ट नहीं हैं। हम इनसे लड़ रहे हैं, लड़ते रहेंगे। एक हजार किसान मर गए बीजेपी को कोई फर्क नहीं पड़ा। 4. लोकसभा में SIR का मुद्दा उठाएंगेअखिलेश ने कहा- सुनने में आया है कि महिला बीएलओ के नंबर पर फोन खूब आ रहे हैं। नंबर सार्वजनिक कर दिए गए हैं। अधिकांश गांव में बीएलओ अभी भी नहीं पहुंच सके हैं। जो गांव पहुंच भी जाते हैं, उनके पास फॉर्म नहीं है। बताया जा रहा है कि फॉर्म बांट चुके हैं। शिकायतें लगातार कर रहे हैं। हम लोकसभा में भी इन बातों को रखेंगे। 5. भाजपा माफियाजीवी पार्टी, धनंजय सिंह को भी घेरासपा प्रमुख ने कहा- कफ सिरप मामले में नाम आने पर बाहुबलि धनंजय सिंह को निशाने पर लिया। बिना नाम लिए कहा- ये जमाना सीबीआई का नहीं, बुल्डोजर का है। बुल्डोजर कहां है। बुल्डोजर कब चलेगा। उन्होंने भाजपा को भी घेरा। कहा- भाजपा माफियाजीवी पार्टी है। भाजपा में एनकाउंटर माफिया, कफ सीरप माफिया, नीट माफिया, स्क्रैप माफिया, थाने के लिए वसूली माफिया। कहा- कोई लखनऊ में सीएम आफिस में बैठकर काम कर रहा था। उसका पार्टनर भी दुबई भाग गया। इशारा मुख्यमंत्री के सलाहकार मृत्युंजय कुमार की ओर किया। बार-बार मुख्यमंत्री कहते हैं- वन डिस्ट्रक्ट, वन माफिया। अभी जौनपुर का मामला सामने आया है। आगे और मामले सामने आएंगे। यूपी में बहुत डिस्ट्रिक्ट हैं। सबको पता है जौनपुर में क्या सांठगांठ हुई थी बाबू सिंह कुशवाहा को हराने के लिए।
देवरिया के बरहज निवासी पूर्व राज्यमंत्री और लोकतंत्र रक्षक सेनानी गोरख प्रसाद निषाद का शुक्रवार रात निधन हो गया। उन्होंने लखनऊ के डॉ. राममनोहर लोहिया अस्पताल में अंतिम सांस ली। वह 82 वर्ष के थे और लंबे समय से बीमार चल रहे थे। उनके निधन की सूचना मिलते ही क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई। सदर विधायक डॉ. शलभ मणि त्रिपाठी सहित कई जनप्रतिनिधियों और भाजपा कार्यकर्ताओं ने उनके निधन पर गहरी संवेदना व्यक्त की है। गोरख प्रसाद निषाद का जन्म 15 जुलाई 1943 को बरहज में हुआ था। उन्होंने अपनी प्रारंभिक शिक्षा बरहज में और उच्च शिक्षा गोरखपुर में पूरी की। अध्ययन के बाद, उन्होंने बरहज स्थित बाबा गयादास इंटर कॉलेज में अध्यापक के रूप में कार्य किया। यहीं से उनका सामाजिक सरोकार बढ़ा और वे धीरे-धीरे राजनीति की ओर अग्रसर हुए, जनसंघ से जुड़कर सक्रिय भूमिका निभाने लगे। देश में आपातकाल लागू होने पर उन्होंने इसका खुलकर विरोध किया। इसके परिणामस्वरूप, वर्ष 1976 में उन्हें गिरफ्तार कर लगभग दो माह तक जेल में रखा गया। बाद में भाजपा के गठन के पश्चात उन्होंने संगठन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई और लगातार सक्रिय रहे। श्रीराम जन्मभूमि आंदोलन में भी उन्होंने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया, जिसके लिए उन्हें एक बार फिर जेल जाना पड़ा। उनकी राजनीतिक प्रतिबद्धता और संगठनात्मक निष्ठा को देखते हुए, 1997 में प्रदेश में भाजपा सरकार बनने पर उन्हें विधान परिषद का सदस्य बनाया गया। इसके बाद, कल्याण सिंह मंत्रिमंडल में उन्हें पशुधन, मत्स्य एवं श्रम राज्य मंत्री का दायित्व सौंपा गया। गोरख प्रसाद निषाद के निधन से जिले की राजनीति, भाजपा संगठन और सामाजिक जीवन को गहरी क्षति हुई है। उनके पार्थिव शरीर को अंतिम दर्शन के लिए बरहज लाया जाएगा, जहां राजकीय सम्मान के साथ उनका अंतिम संस्कार किए जाने की संभावना है।
करौली के हिंडौन मार्ग पर स्थित रिलायंस पेट्रोल पंप के सामने एक दुकान में भीषण आग लग गई। इस घटना में दुकान में रखा लाखों रुपए का सामान जलकर खाक हो गया। सूचना मिलते ही नगर निगम का अग्निशमन दल मौके पर पहुंचा और आग पर काबू पाया। अग्निशमन दल को रिलायंस पेट्रोल पंप के सामने आग लगने की खबर मिली थी। मौके पर पहुंचकर अग्निशमन वाहन के चालक कमलेश शर्मा और फायरमैन शीशराम गुर्जर, पुष्पेंद्र शर्मा व अजीत सिंह गुर्जर ने कड़ी मशक्कत के बाद आग बुझाई। अग्निशमन प्रभारी के अनुसार यह दुकान सरूपी देवी के मकान के सामने बनी है, जिसका संचालन मेला गेट के बाहर, हाजी कॉलोनी, करौली निवासी मिस्त्री सलीम के पुत्र रफीक करता है। आग लगने के अज्ञात कारणों से दुकान में रखी कई बाइक, स्कूटी, एक फ्रिज, दुकान के पार्ट्स, फर्नीचर और शटर जल गए। एक अतिरिक्त बिना नंबर की मोटरसाइकिल भी पूरी तरह जलकर खाक हो गई। प्रारंभिक आकलन के अनुसार इस आगजनी में लगभग 5 लाख रुपए की अनुमानित क्षति हुई है। अधिकारियों ने बताया कि आग लगने का सटीक कारण अभी स्पष्ट नहीं हो पाया है। घटना की जांच की जा रही है और स्थानीय पुलिस तथा अग्निशमन विभाग मिलकर आगे की कार्रवाई कर रहे हैं।
पलवल में दुकान में रात को लाखों की चोरी:कटर से काटे शटर के ताले; 15 दिन में चोरी की दूसरी वारदात
पलवल जिले के हथीन कस्बे में चोरों ने एक दुकान का शटर हैंड ग्राइंडर से काटकर लाखों रुपए के सामान और नकदी पर हाथ साफ कर दिया। हथीन थाना पुलिस ने दुकान मालिक की शिकायत पर अज्ञात चोरों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। हथीन थाना प्रभारी हरे किशन ने बताया कि हथीन निवासी पवन सिंगला ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि वह रोजाना की तरह शाम को अपनी दुकान बंद कर घर चला गया था। रात के समय अज्ञात चोरों ने दुकान के शटर पर लगे ताले हैंड ग्राइंडर से काट दिए। चोर दुकान के अंदर रखे करीब पांच हजार रुपए की चिल्लड़ नकदी, लाखों रुपए के टयूबवैल पंखों के बुश, सीसीटीवी कैमरे, तांबे के लगभग 40 किलोग्राम तार, गैस कटर के 50 नोजल सहित अन्य सामान चोरी कर लिया। रात में मिली चोरी की सूचनापीड़ित ने बताया कि जब उसे चोरी की सूचना मिली तो वह तुरंत दुकान पर पहुंचा और पुलिस को मामले की जानकारी दी। सूचना मिलते ही हथीन थाना पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू कर दी। 15 दिन पहले भी हुई थी चोरी की वारदातपवन सिंगला ने बताया कि करीब 15 दिन पहले भी उसकी दुकान में इसी तरह चोरी की घटना हुई थी। उसकी दुकान हथीन के सरकारी अस्पताल के पास स्थित है, जहां रात के समय अक्सर सन्नाटा रहता है। पुलिस ने शुरू की जांच, सीसीटीवी फुटेज खंगाले जा रहेहथीन थाना प्रभारी हरे किशन ने बताया कि दुकान मालिक की शिकायत पर अज्ञात चोरों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया गया है। पुलिस आसपास की दुकानों पर लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रही है ताकि चोरों का सुराग मिल सके। उन्होंने कहा कि जल्द ही आरोपियों की पहचान कर उन्हें गिरफ्तार किया जाएगा।
राजस्थान हाईकोर्ट जोधपुर की एकलपीठ ने ट्राइबल सब-प्लान (TSP) क्षेत्र के 63 कॉन्स्टेबल की ट्रांसफर मांग वाली याचिका पर सुनवाई करते हुए राज्य सरकार और पुलिस प्रशासन को उन्हें ट्राइबल इलाकों में तैनात करने के निर्देश दिए हैं। जस्टिस फरजंद अली ने अपने ‘रिपोर्टेबल जजमेंट’ में कहा कि मिनरल प्रोटेक्शन फोर्स के नाम पर विज्ञापन निकालकर चयन तो ट्राइबल क्षेत्रों के लिए किया गया, लेकिन सभी को जयपुर स्थित 14वीं बटालियन RAC में अटका देना वैध अपेक्षाओं के साथ खिलवाड़ है। आदिवासी जिलों के 63 कांस्टेबल्स की याचिका बांसवाड़ा, डूंगरपुर, उदयपुर, प्रतापगढ़ समेत दक्षिणी राजस्थान के अनुसूचित/ट्राइबल इलाकों के 63 कॉन्स्टेबल्स ने 10 जुलाई 2019 को राज्य सरकार, ADG आर्म्ड बटालियन और 14वीं बटालियन RAC कमांडेंट के खिलाफ याचिका दायर की थी। ये सभी याचिकाकर्ता 20 जुलाई 2013 को निकले “कॉन्स्टेबल मिनरल प्रोटेक्शन फोर्स” के विज्ञापन में TSP श्रेणी के तहत चयनित हुए थे। बाद में इन्हें 19 जनवरी 2016 के आदेश से नियमित नियुक्ति मिली। उनका कहना था कि वे स्थायी रूप से TSP क्षेत्रों के निवासी हैं, फिर भी उनकी नियुक्ति नॉन-TSP कैडर में कर दी गई और आज तक उन्हें ट्राइबल इलाकों में तैनाती नहीं दी गई। 2013 की भर्ती में 1000 पदों में से 80 TSP क्षेत्र के आरक्षित याचिकाकर्ताओं ने कोर्ट में बताया कि 2013 की भर्ती में 1000 पदों में से 80 पद खास तौर पर TSP क्षेत्र के लिए आरक्षित थे। वे उसी श्रेणी में चुने भी गए। इसके बावजूद उन्हें मिनरल/ट्राइबल बेल्ट की बजाय जयपुर आदि नॉन-TSP क्षेत्रों में लगा दिया गया, जबकि बाद में जारी 10 नवंबर 2014, 16 जुलाई 2018 और 30 अगस्त 2018 के सर्कुलर साफ कहते हैं कि TSP निवासी कर्मचारी चाहें तो ट्राइबल इलाकों में ट्रांसफर के लिए विकल्प दे सकते हैं। याचिकाकर्ताओं का कहना था कि उन्होंने समय पर आवेदन दिए, जो 14वीं बटालियन RAC से फॉरवर्ड भी हुए, लेकिन आज तक कोई निर्णय नहीं हुआ, जबकि समान परिस्थिति वालों को ट्रांसफर का लाभ मिल चुका है, जो समानता के अधिकार का उल्लंघन है। सरकार व पुलिस प्रशासन का जवाब: उस समय की जरुरत पर नियुक्ति राज्य की ओर से पेश जवाब में कहा गया कि याचिकाकर्ताओं की नियुक्ति उस समय की मेरिट, रिक्तियों और प्रशासनिक जरूरत के आधार पर नॉन-TSP क्षेत्रों में की गई थी। सरकार ने यह भी कहा कि 2014 और 2018 के सर्कुलर कर्मचारियों को केवल ‘विकल्प’ देने का मौका रखते हैं, कोई पूर्ण अधिकार नहीं देते। ट्रांसफर हमेशा प्रशासनिक विवेक और सेवा आवश्यकताओं पर निर्भर है। जवाब में यह दलील भी दी गई कि 19 मई 2018 की केन्द्रीय अधिसूचना केवल अनुसूचित क्षेत्रों की नई परिभाषा है, उससे प्रत्येक TSP निवासी कर्मचारी का स्वतः ट्रांसफर का अधिकार नहीं बनता और सीमित रिक्तियों के कारण सभी को समायोजित करना संभव नहीं था। कोर्ट ने क्या पाया, कहां मानी सरकार की चूक कोर्ट ने रिकॉर्ड देखते हुए माना कि सभी याचिकाकर्ता अधिसूचित ट्राइबल क्षेत्रों से आते हैं और भर्ती में उन्हें TSP/ट्राइबल आरक्षण के तहत मौका दिया गया था। जस्टिस फर्जंद अली ने नोट किया कि “कॉन्स्टेबल मिनरल प्रोटेक्शन फोर्स” शीर्षक के तहत खनन व ट्राइबल बेल्ट - जैसे डूंगरपुर, बांसवाड़ा, सलूंबर, उदयपुर, राजसमंद के लिए भर्ती दिखाई गई। लेकिन, हकीकत में न तो किसी को मिनरल प्रोटेक्शन फोर्स में लगाया गया और न ही ट्राइबल क्षेत्रों में पोस्ट किया गया। सबको 14वीं बटालियन RAC में लगाकर जयपुर जैसे दफ्तरों की सुरक्षा ड्यूटी पर तैनात कर दिया गया। कोर्ट ने कहा कि इस तरह के विज्ञापन से उम्मीदवारों के मन में यह वैध अपेक्षा बनती है कि उन्हें उन्हीं क्षेत्रों में तैनाती मिलेगी, जिसके लिए भर्ती की परिकल्पना की गई थी, खासकर जब वे स्वयं वहीं के निवासी हों। ‘लीजिटिमेट एक्सपेक्टेशन’ और ट्राइबल संवेदनशीलता पर टिप्पणी कोर्ट ने स्पष्ट किया कि जब कोई भर्ती विशेष रूप से ट्राइबल/मिनरल क्षेत्रों से जोड़कर निकाली जाती है, तो चयनित उम्मीदवारों के मन में ‘लीजिटिमेट एक्सपेक्टेशन’ (वैध अपेक्षा) बनती है कि उनकी पोस्टिंग भी उन्हीं इलाकों में होगी। जस्टिस फर्जंद अली ने यह भी रेखांकित किया कि याचिकाकर्ता कमजोर एवं वंचित आदिवासी समुदायों से आते हैं, ऐसे में राज्य को उनसे किया गया वादा तोड़ने से पहले संवेदनशील और सहानुभूतिपूर्ण रुख अपनाना चाहिए था। कोर्ट के अनुसार, राज्य ऐसा आकर्षक वादा कर भर्ती तो नहीं कर सकता और बाद में बिना तर्कसंगत आधार के उसे पूरी तरह बदल दे। हाईकोर्ट का आदेश: कहां होंगे तैनात हाईकोर्ट ने सभी 63 याचिकाकर्ताओं को ट्राइबल क्षेत्र में भेजने का रास्ता साफ करते हुए निर्देश दिया कि इन सभी को महाराणा प्रताप बटालियन, प्रतापगढ़ में शिफ्ट करने पर विचार किया जाए और यदि प्रशासनिक आवश्यकता हो, तो उन्हें TSP क्षेत्र में आने वाले किसी भी जिले में समायोजित, ट्रांसफर या अस्थायी रूप से तैनात किया जा सकता है। कोर्ट ने साफ किया कि इस तरह का कदम न केवल सरकारी सर्कुलरों के उद्देश्य के अनुरूप है, बल्कि उन ट्राइबल कॉन्स्टेबल्स की वैध अपेक्षा और संवेदनशील पृष्ठभूमि का भी सम्मान करता है। इन निर्देशों के साथ हाईकोर्ट ने रिट पिटीशन को निस्तारित कर दिया।
अलीगढ़ की फायर गर्ल गनिका जाखड़:स्कर्ट में आग लगाकर किया डांस, इंटरनेशनल रिकॉर्ड में दर्ज हुआ नाम
महज 14 साल की उम्र में अलीगढ़ की गनिका जाखड़ ने ऐसा कारनामा कर दिखाया है, जिसे सुनकर बड़े-बड़े डांसर भी हैरान हैं। स्कर्ट में आग लगाकर स्पिन डांस करने वाली इस नन्ही कलाकार ने इंटरनेशनल बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड्स में अपना नाम दर्ज कराया है। रिकॉर्ड बनने के बाद अब लोग उन्हें फायर गर्ल ऑफ इंडिया के नाम से जानने लगे हैं। सात साल की उम्र में ही कर ली थी घुंघरुओं से दोस्ती स्वर्ण जयंती नगर की रहने वाली गनिका के पिता गौरीशंकर गुप्ता और मां गीता चौधरी बताते हैं कि बेटी की घुंघरुओं से दोस्ती महज सात साल की उम्र में हो गई थी। कत्थक सीखते-सीखते वह बड़े मंचों तक पहुंचीं और धीरे-धीरे उनका रुझान फ्यूजन डांस की ओर बढ़ा। मेंटोर राहुल आर्य ने उनमें छिपा साहस देखा और फायर डांस की ट्रेनिंग दी। घर पर ही रिकॉर्ड किया गया परफॉर्म 28 अक्टूबर को गनिका ने अपने घर पर ही फायर डांस का रिकॉर्ड एक्ट परफॉर्म किया। करीब एक महीने की वेरिफिकेशन के बाद 26 नवंबर को इंटरनेशनल बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड्स ने आधिकारिक प्रमाणपत्र जारी कर दिया। खास बात यह है कि गनिका इस तरह का रिकॉर्ड करने वाली गिनी-चुनी भारतीय कलाकारों में शामिल हो गई हैं। पहले भी राष्ट्रीय मंचों पर बनाई है पहचान गनिका की यह उपलब्धि कोई पहली नहीं। इससे पहले भी उनकी घुंघरुओं की खनक राष्ट्रीय मंचों तक गूंज चुकी है। डांस इंडिया डांस, डांसिंग सुपर हीरोज, डांस दीवाने जैसे बड़े टीवी शो में उनका चयन हो चुका है। 2019 में उन्होंने टॉप-20 तक जगह बनाई थी। कोरोना काल में घर पर ही प्रैक्टिस करती रहीं और इसके बाद दिल्ली में 2022 में हुए आयोजन में तीसरे राउंड तक पहुंचीं। चार साल का कोर्स महीनों में किया पूरा तकनीकी तौर पर भी गनिका ने कमाल किया है। प्रयाग संगीत समिति, प्रयागराज से उन्होंने सिर्फ 11 साल की उम्र में सीनियर डिप्लोमा तक की पढ़ाई पूरी कर ली। आमतौर पर जो कोर्स चार साल में पूरा होता है, उसे गनिका ने महीनों में खत्म कर सबको चौंका दिया। बॉलीवुड सिंगर आर्यांश के आएंगी नजर देश भर के मंचों दिल्ली, मुंबई, भोपाल, आगरा, देहरादून, लखनऊ, बरेली और हरियाणा में उनके प्रदर्शन दर्शकों की तालियां बटोर चुके हैं। जल्द ही वह एक म्यूजिक एल्बम में बॉलीवुड सिंगर आर्यांश के साथ लीड एक्ट्रेस के रूप में नजर आएंगी। चर्चाओं में रही चार फीट की गनिका को 7 फीट ऊंची ट्रॉफी चार फीट की गनिका को 2021 में अलीगढ़ के एक डांस कॉम्पिटीशन में सात फीट ऊंची ट्रॉफी से सम्मानित किया गया था। आज वही नन्ही कलाकार आग की लपटों के बीच नाचते हुए देश का नाम रोशन कर रही है। जोखिम भरा है फायर विद कत्थक गनिका की मां गीता चौधरी का कहना है कि आग के बीच में कत्थक करना आसान नहीं था। इसके लिए सात लोग मौजूद रहते हैं। आग से कोई नुकसान न हो इसके लिए चिकित्सक के साथ ही अग्निशमन उपकरण लेकर एक विशेषज्ञ रहता है। वहीं पांच अन्य लोग नजर बनाए रहते हैं।
बॉलीवुड स्टार सलमान खान ने भ्रामक विज्ञापन की याचिका को लेकर कोटा कंज्यूमर कोर्ट में जवाब पेश किया है। सलमान खान की ओर से पेश जवाब में कहा गया कि यह शिकायत कपट पूर्ण, आधारहीन, कानून के खिलाफ और विधि प्रक्रिया का दुरुपयोग है। यह खारिज करने योग्य है। सलमान की तरफ से मुंबई के वकील पराग ने जवाब पेश किया। दरअसल, राजश्री पान मसाला कंपनी ने केसर युक्त इलायची और केसर युक्त पान मसाला के नाम पर भ्रामक विज्ञापन की याचिका को लेकर ये जवाब दिया। सलमान खान की ओर से पेश जवाब में लिखा- मैं दशकों से फिल्म बिजनेस में काम कर रहा हूं। एक्टिंग के अलावा अपनी आजीविका के लिए ब्रांड एंबेसडर के रूप में ब्रांडों/ उत्पादों का समर्थन भी करता हूं। यह शिकायत जिस धारा (धारा 89 उपभोक्ता संरक्षण अधिनियम 2019) के अंतर्गत की गई है। उस धारा के अंतर्गत कार्रवाई का अधिकार केवल केंद्रीय उपभोक्ता संरक्षण प्राधिकरण (CCPA) को है। न कि उपभोक्ता आयोग को। यह शिकायत खारिज किए जाने योग्य है। विज्ञापन इलायची का न की पान मसाला काशिकायत में जिस उत्पाद को केसर युक्त पान मसाला बताया गया है। वह पूरी तरह गलत है। विज्ञापन सिल्वर कोटेड इलायची का है। न की पान मसाला का। इस प्रकार शिकायत गलत सबूतों पर आधारित है। इधर, परिवादी के एडवोकेट इंद्रमोहन सिंह हनी ने जवाब पर आपत्ति दर्ज करवाई है। परिवादी पक्ष के एडवोकेट रिपुदमन सिंह और एडवोकेट इंद्रमोहन सिंह हनी ने कोर्ट में एक एप्लिकेशन दी। मांग की गई है कि सलमान खान की ओर से प्रस्तुत जवाब और वकालतनामा पर किए गए हस्ताक्षर की जांच करवाई जाए। अगली तारीख पर अभिनेता सलमान खान को स्वयं अदालत में उपस्थित होने के निर्देश जारी किए जाएं। कोर्ट ने परिवादी पक्ष की इस आपत्ति और आवेदन को रिकॉर्ड पर लेते हुए मामले की अगली सुनवाई 9 दिसंबर के लिए निर्धारित की है। उस दिन हस्ताक्षर संबंधी आपत्ति पर आगे सुनवाई होगी। ................. ये भी पढ़ें... पान मसाला कंपनी बोलीं- बोलो जुबां केसरी सिर्फ टैगलाइन:इसमें केसर होने का दावा नहीं; हम इलायची बेच रहे; याचिकाकर्ता का उद्देश्य केवल परेशान करना भ्रामक विज्ञापन और पान मसाले में केसर होने के दावे पर विमल पान मसाला कंपनी ने कोर्ट में अपना जवाब पेश किया है। इसमें बताया है कि शिकायतकर्ता ने परेशान करने के उद्देश्य से यह याचिका लगाई है। केसर की शुद्धता और मात्रा के बारे में कोई विज्ञापन नहीं किया जा रहा है। वो केवल केसर युक्त इलायची बेचते हैं। (पूरी खबर पढ़ें) सलमान खान, पान मसाला कंपनी कोटा कंज्यूमर कोर्ट में तलब:आरोप- भ्रामक विज्ञापन, केसर 4 लाख रुपए किलो; 5 रुपए में कैसे दे सकते बॉलीवुड स्टार सलमान खान व राजश्री पान मसाला कंपनी को कोटा कंज्यूमर कोर्ट ने नोटिस जारी कर जवाब तलब किया है। कोटा के भारतीय जनता पार्टी के वरिष्ठ नेता व राजस्थान उच्च न्यायालय के अधिवक्ता इंद्रमोहन सिंह हनी ने कोटा जिला उपभोक्ता संरक्षण न्यायालय में परिवाद पेश किया है। इसमें पान मसाला के विज्ञापन पर रोक लगाने की मांग की है। (पूरी खबर पढ़ें)
बलौदाबाजार जिला अस्पताल की इंटीग्रेटेड पब्लिक हेल्थ लैब (IPHL) को भारत सरकार के राष्ट्रीय गुणवत्ता आश्वासन कार्यक्रम (NQAS) के तहत राष्ट्रीय स्तर का गुणवत्ता प्रमाणन मिला है। यह लैब देश और राज्य की दूसरी प्रमाणित लैब बन गई है। यह प्रमाणन जिले में गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाओं के विस्तार और वैज्ञानिक मानकों पर आधारित लैब सुविधाओं को मजबूत करने का प्रमाण है। 11 सितंबर, 2025 को हुए मूल्यांकन में लैब ने 88% अंक प्राप्त किए, जो राष्ट्रीय मानकों के अनुसार उत्कृष्ट श्रेणी में आता है। मूल्यांकन दल ने लैब की कार्यप्रणाली, रोगी-केंद्रित सेवाओं, गुणवत्ता नियंत्रण और सुरक्षा प्रक्रियाओं की गहन समीक्षा की थी। इस उपलब्धि पर जिले के प्रभारी एवं स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल, राजस्व मंत्री टंकराम वर्मा और कलेक्टर दीपक सोनी ने बधाई दी। की जाती हैं 1,000 से 1,200 जांचें लैब में प्रतिदिन 1,000 से 1,200 जांचें की जाती हैं। यहां 100 से अधिक प्रकार की लैब टेस्टिंग सुविधाएं उपलब्ध हैं। मॉडर्न उपकरणों और प्रशिक्षित तकनीशियनों से लैस यह लैब ग्रामीण एवं आदिवासी क्षेत्रों के रोगियों को विश्वसनीय और सस्ती जांच सुविधा प्रदान कर रही है। IPHL का एकीकृत मॉडल रोगियों को पैथोलॉजी, बायोकैमिस्ट्री और माइक्रोबायोलॉजी जैसी सभी जांचें एक ही स्थान पर उपलब्ध कराता है। इससे जांच रिपोर्टों की गति और विश्वसनीयता में वृद्धि हुई है। NQAS प्रमाणन लैब द्वारा साफ-सफाई, रोगी सुरक्षा, तकनीकी गुणवत्ता और स्टाफ क्षमता जैसे कड़े मानकों का अनुपालन सुनिश्चित करता है।
छिंदवाड़ा के धनोरा-अमरवाड़ा मुख्य मार्ग पर शनिवार सुबह एक यात्री बस अनियंत्रित होकर सड़क किनारे पलट गई। इस हादसे में बस में सवार करीब 7 यात्री घायल हो गए हैं। स्थानीय लोगों की मदद से घायलों को तुरंत धनोरा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती कराया गया है, जहां उनका इलाज चल रहा है। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर जांच शुरू कर दी है। हादसे के समय बस अमरवाड़ा से धनोरा की ओर जा रही थी। बताया जा रहा है कि बस की गति तेज थी। रास्ते में अचानक आए एक मोड़ पर चालक वाहन पर से नियंत्रण खो बैठा, जिसके बाद बस सड़क किनारे जाकर पलट गई। 7 यात्री घायल, डॉक्टरों की निगरानी मेंइस दुर्घटना में लगभग सात यात्री घायल हुए हैं। घायलों को तत्काल धनोरा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया गया। प्राथमिक इलाज के बाद गंभीर रूप से घायल यात्रियों को डॉक्टरों ने निगरानी में रखा है। पुलिस ने दर्ज किए यात्रियों के बयानसूचना मिलते ही धनोरा और बटकाखापा पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने बस को सड़क से हटाने की कार्रवाई शुरू की और यातायात को सुचारू कराया। पुलिस हादसे के सटीक कारणों की जांच कर रही है और इसके लिए यात्रियों के बयान दर्ज किए जा रहे हैं। स्थानीय लोगों ने बताया कि जिस स्थान पर बस पलटी, वहां सड़क का मोड़ काफी संकरा है। इस क्षेत्र में पहले भी वाहन अनियंत्रित होने की घटनाएं हो चुकी हैं।
जौनपुर एक मैजिक वाहन टायर फटने के कारण अनियंत्रित होकर करीब 20 फीट गहरी खाई में पलट गया। वाहन में लदी मुर्गों की जालियां टूटने से सैकड़ों मुर्गे सड़क पर बिखर गए, जिन्हें मौके पर मौजूद ग्रामीण लूट ले गए। यह मामला चंदवक क्षेत्र में वाराणसी–आजमगढ़ मार्ग पर गोमती पुल के पास शनिवार की है। मैजिक वाहन आजमगढ़ से मुगलसराय की ओर मुर्गे लेकर जा रहा था। वाहन में चालक अखिलेश गौतम तथा मुर्गा व्यवसायी अजीत सोनकर और विजय सोनकर सवार थे। गनीमत रही कि हादसे में सभी लोग सुरक्षित बच गए। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि गोमती पुल के पास अचानक वाहन का टायर फटते ही वह अनियंत्रित होकर खाई में जा गिरा। पलटने के बाद जालियां टूट गईं और बड़ी संख्या में मुर्गे बाहर निकलकर भागने लगे। इतने में आसपास के ग्रामीण मौके पर पहुंच गए और उन्होंने मुर्गों को पकड़कर अपने घरों की ओर ले जाना शुरू कर दिया। व्यापारियों ने आरोप लगाया कि ग्रामीणों ने उनके सैकड़ों मुर्गे लूट लिए। बाद में राहगीरों की मदद से कुछ मुर्गों को दोबारा जालियों में रखा गया। सूचना पर पहुंची पुलिस और जेसीबी की मदद से क्षतिग्रस्त मैजिक वाहन को खाई से बाहर निकाला गया। पुलिस मामले की जांच में जुटी है।
भरतपुर जिले की खेड़ली मोड़ थाना पुलिस के द्बारा थाने के पास नाकाबंदी की गई थी। इस वजह से आगरा-जयपुर नेशनल हाईवे पर जाम लगा हुआ था। जयपुर की तरफ से एक ट्रेलर काफी स्पीड में आ रहा था। अचानक जैसे ही उसने ब्रेक मारे तभी पीछे वाला ट्रेलर के ब्रेक नहीं लगने के कारण वह आगे वाले ट्रेलर में घुस गया। ट्रेलर का ड्राइवर केबिन में फंस गया। जिसके बाद आसपास के लोगों ने उसे केबिन से बाहर निकाला। आगे वाले ट्रेलर के पीछे चल रहा था दूसरा ट्रेलरहरिओम निवासी बाछरेन ने बताया कि उसकी खेड़ली मोड़ चौराहे पर जूस की दुकान है। शुक्रवार रात खेड़ली मोड़ थाना पुलिस द्बारा थाने के पास ही नाकाबंदी की गई थी। पुलिस गाड़ियों को चेक कर रही थी। जिसके कारण आगरा-जयपुर नेशनल हाईवे पर जाम लगा हुआ था। इसी दौरान जयपुर की तरफ से 2 ट्रेलर आ रहे थे। दूसरा ट्रेलर आगे वाले ट्रेलर के पीछे चल रहा था। ड्राइवर केबिन में फंसावाहनों के जाम को देख जैसे ही आगे वाले ट्रेलर ने ब्रेक मारे तभी पीछे वाला ट्रेलर आगे वाले ट्रेलर में घुस गया। आगे वाले ट्रेलर का ड्राइवर केबिन में फंस गया। स्थानीय लोगों ने काफी मुश्किल से ट्रेलर के ड्राइवर को केबिन से बाहर निकाला। घटना की सूचना पर टोल की टीम भी मौके पर पहुंची। जिसके बाद घायल ड्राइवर का उपचार करवाया गया। ड्राइवर अपने साथी ड्राइवर के साथ वहां से चला गया। ट्रेलर अभी भी नेशनल हाईवे पर खड़ा है। वहीं आगे वाले ट्रेलर को पुलिस ने थाने में खड़ा करवा दिया है।
टीकाकरण के बाद 3 माह के मासूम की मौत:उन्नाव में परिवार ने स्वास्थ्य विभाग पर लापरवाही का आरोप लगाया
उन्नाव जिले में टीकाकरण के बाद तीन माह के एक मासूम बच्चे की मौत हो गई है। अजगैन थाना क्षेत्र के मकुर गांव निवासी सूरज लोध के बेटे गौरव की शुक्रवार को हुए नियमित टीकाकरण के 24 घंटे के भीतर शनिवार सुबह तबीयत बिगड़ी और अस्पताल ले जाने पर डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। परिवार ने आशा कार्यकर्ताओं और स्वास्थ्य टीम पर लापरवाही का आरोप लगाया है। बच्चे की मां सालनी लोध के अनुसार, टीकाकरण के तुरंत बाद गौरव के शरीर में सूजन, बुखार और लगातार रोने की शिकायत थी। उन्होंने बताया कि आशा कार्यकर्ता को कई बार बच्चे की बिगड़ती हालत के बारे में सूचित किया गया, लेकिन उन्हें इसे सामान्य दुष्प्रभाव बताकर घर पर ही रहने की सलाह दी गई। शनिवार सुबह बच्चे की सांसें अचानक तेज होने लगीं और कुछ ही देर में वह बेहोश हो गया। परिजन उसे तुरंत अस्पताल ले गए, लेकिन डॉक्टरों ने उसे बचाया नहीं जा सका। बच्चे की मौत के बाद ग्रामीणों में भी रोष है। ग्रामीणों ने स्वास्थ्य विभाग पर गंभीर लापरवाही का आरोप लगाते हुए कहा कि गांव में टीकाकरण के दौरान आशा कार्यकर्ताओं और स्वास्थ्य कर्मचारियों द्वारा अक्सर बिना उचित जांच-पड़ताल के टीके लगाए जाते हैं, जिससे ऐसी घटनाएं होती रहती हैं। परिवार ने मामले की उच्चस्तरीय जांच और दोषी स्वास्थ्यकर्मियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है। उन्होंने बच्चे की मौत के लिए जिम्मेदार लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज करने की भी अपील की है। स्वास्थ्य विभाग ने इस मामले की जानकारी मिलने के बाद जांच शुरू कर दी है। विभाग के अनुसार, सीएचसी स्तर पर एक मेडिकल टीम गांव भेजी गई है। यह टीम टीकाकरण की प्रक्रिया, इस्तेमाल की गई दवाओं और बच्चे की मौत के कारणों की व्यापक जांच करेगी।
ट्रैक्टर-बाइक भिड़ंत में एक युवक की मौत:सीतापुर के सकरन में हादसा, दूसरा युवक गंभीर घायल
सीतापुर के सकरन थाना क्षेत्र में एक सड़क हादसे में बाइक सवार एक युवक की मौत हो गई, जबकि दूसरा गंभीर रूप से घायल हो गया। यह घटना 28 नवंबर, 2025 को हुई जब एक ट्रैक्टर और बाइक की टक्कर हो गई। मृतक की पहचान तारपारा ग्राम पंचायत निवासी रूपेश कुमार सिंह (पुत्र संजय सिंह) के रूप में हुई है। उनके साथ चंद्रसेनी ग्राम पंचायत, रेउसा थाना क्षेत्र निवासी सुधीर सिंह (पुत्र राजेश कुमार सिंह) भी बाइक पर सवार थे। दोनों 26 नवंबर, 2025 को लखनऊ गए थे और 28 नवंबर को रूपेश सिंह के गांव तारपारा में चल रही सप्त दिवसीय श्रीमद्भागवत कथा के समापन समारोह में शामिल होने के लिए वापस लौट रहे थे। रास्ते में उनकी बाइक एक ट्रैक्टर की चपेट में आ गई, जिससे रूपेश सिंह और सुधीर सिंह गंभीर रूप से घायल हो गए। राहगीरों की मदद से एंबुलेंस बुलाई गई और घायलों को सीएचसी रेउसा ले जाया गया। सीएचसी रेउसा के डॉक्टरों ने दोनों को मेडिकल कॉलेज बहराइच रेफर कर दिया। बहराइच में इलाज के दौरान रूपेश कुमार सिंह की मौत हो गई। वहीं, सुधीर सिंह की हालत अब खतरे से बाहर बताई जा रही है। रूपेश कुमार सिंह का विवाह मार्च 2025 में खुरवालिया ग्राम पंचायत, रेउसा थाना क्षेत्र में हुआ था। उनके निधन से परिवार में शोक का माहौल है।
जयपुर में युवक-युवती पर पेट्रोल डालकर आग लगा दी गई। आसपास के लोगों ने किसी तरह उन्हें बचाया और पुलिस को सूचना दी। दोनों को गंभीर हालत में SMS हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया है। प्रेम-प्रसंग से इस मामले को जोड़कर देखा जा रहा है। आरोप है कि प्रेमी जोड़े के परिवार वालों ने ही ऐसा किया है। मामला मौखमपुरा इलाके का है। DSP दीपक खंडेलवाल ने बताया - शुक्रवार रात एक बजे सूचना मिली कि मौखमपुरा के बाड़ोलाव गांव में युवक-युवती को पेट्रोल डालकर जलाने की कोशिश की गई। पुलिस की टीम मौके पर पहुंची और दोनों को बिचून सीएचसी पहुंचाया। दोनों लगभग 60-70 प्रतिशत झुलस गए हैं। बिचून सीएचसी से दोनों को जयपुर के एसएमएस अस्पताल रेफर किया गया था। AI जनरेटेड तस्वीरों से समझिए पूरा मामला... युवक के खेत पर दोनों को पकड़ासूत्रों के अनुसार, देर रात युवक के खेत पर कुछ लोगों ने दोनों को घेर लिया। इसके बाद पेट्रोल डालकर आग लगा दी। इस दौरान युवक भागा और मदद के लिए आवाज लगाई। पास के कुछ अन्य लोगों ने उन्हें आग की लपटों से निकाला। एफएसएल टीम मौके पर पहुंचीदूदू एएसपी शिवलाल बैरवा और डीएसपी दीपक खंडेलवाल मोखमपुरा पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे थे। उन्होंने घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण किया। FSL टीम ने सबूत जुटाए हैं। पुलिस ने संदिग्धों को हिरासत में लियाDSP दीपक खंडेलवाल पुलिस ने प्रारंभिक जांच के आधार पर कुछ संदिग्धों को हिरासत में लिया है। शुरुआती जानकारी में मामला प्रेम प्रसंग से जुड़ा लग रहा है। डीएसपी ने बताया दोनों पीड़ितों की हालत स्थिर होने के बाद बयान लिए जाएंगे।
सिद्धार्थनगर में शनिवार को आईएएस संतोष वर्मा के खिलाफ व्यापक प्रदर्शन हुआ। सिविल सिद्धार्थ बार एसोसिएशन के आह्वान पर अधिवक्ताओं ने कलेक्ट्रेट गेट पर संतोष वर्मा का पुतला दहन किया और प्रतीकात्मक जूतोपचार किया। यह विरोध प्रदर्शन ब्राह्मण समाज और उनकी बहू-बेटियों पर की गई कथित अभद्र टिप्पणी के संबंध में था। सिविल सिद्धार्थ बार के अध्यक्ष अखंड प्रताप सिंह ने संतोष वर्मा की टिप्पणी की निंदा की। उन्होंने कहा कि एक आईएएस अधिकारी से प्रशासनिक विवेक की उम्मीद की जाती है, लेकिन वर्मा ने अपनी जातिगत मानसिकता का प्रदर्शन किया है। सिंह ने अधिवक्ता समाज से अपील की कि वे संतोष वर्मा के खिलाफ देश के हर जिले में मुकदमा दर्ज कराएं। उन्होंने वकीलों को चेतावनी दी कि कोई भी संतोष वर्मा का बचाव न करे। उन्होंने भारत सरकार से संतोष वर्मा को तत्काल बर्खास्त करने और कड़ी कार्रवाई सुनिश्चित करने की मांग की। विश्व हिंदू महासंघ के महामंत्री एवं जिलाध्यक्ष कृपा शंकर त्रिपाठी ने इस टिप्पणी को सोची-समझी साजिश करार दिया। उन्होंने आरोप लगाया कि संतोष वर्मा ने अपनी छवि चमकाने के लिए ऐसी टिप्पणी की है। त्रिपाठी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से संतोष वर्मा को तत्काल कार्यमुक्त कर जेल भेजने की मांग की। उन्होंने कहा कि ऐसे लोगों को सख्त दंड मिलना चाहिए ताकि समाज में फैल रही जातिगत नफरत पर अंकुश लग सके। उन्होंने हिंदू समाज से संतोष वर्मा का जूतों की माला से स्वागत करने का आह्वान भी किया।
मध्यप्रदेश पुलिस आरक्षक भर्ती परीक्षा देने भिंड जिले से सतना आई एक छात्रा परीक्षा केंद्र से लापता हो गई है। यह घटना बीते शुक्रवार को सतना के आदित्य इंजीनियरिंग कॉलेज में हुई। छात्रा अपने पिता के साथ परीक्षा देने पहुंची थी। परीक्षा समाप्त होने के बाद जब छात्रा अपने पिता के पास नहीं लौटी, तो पिता ने उसकी तलाश शुरू की। काफी खोजबीन के बाद पता चला कि छात्रा परीक्षा केंद्र से बाहर निकल चुकी थी और गायब हो गई, जिससे पिता परेशान हो गए। पिता ने पहले कॉलेज प्रबंधन से पूछा फिर पुलिस के पास गएकई घंटों तक तलाश करने के बाद भी जब छात्रा का कोई सुराग नहीं मिला, तो परेशान पिता ने पहले कॉलेज प्रबंधन से संपर्क किया। उचित जानकारी न मिलने पर उन्होंने सिविल लाइन थाने में पुलिस को पूरी घटना की जानकारी दी। सूचना मिलते ही पुलिस टीम तुरंत कॉलेज पहुंची और जांच शुरू की। कॉलेज में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगालने पर एक महत्वपूर्ण सुराग मिला। फुटेज में छात्रा एक अज्ञात युवक के साथ कॉलेज के दूसरे गेट से बाहर जाती हुई दिखाई दी। सीसीटीवी में युवक के साथ जाते दिखी युवतीसीसीटीवी फुटेज सामने आने के बाद पुलिस मामले को संदिग्ध मानकर जांच में तेजी लाई है। पुलिस अब छात्रा और उसके साथ दिखे युवक के संभावित ठिकानों का पता लगाने के लिए शहर के अन्य इलाकों के सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रही है। इसके लिए पुलिस दल स्मार्ट सिटी के कमांड एंड कंट्रोल सेंटर भी पहुंचा है, जहां से शहर भर के कैमरों का लाइव और रिकॉर्डेड डेटा प्राप्त किया जा रहा है। हालांकि अभी तक छात्रा की सटीक स्थिति या उसके साथ दिखाई दिए युवक की पहचान स्पष्ट नहीं हो पाई है। पुलिस ने प्रकरण दर्ज कर लिया है और हर संभावित एंगल पर जांच जारी है।
पन्ना जिले के बिलखुरा क्षेत्र में एक तेज रफ्तार बाइक सवार युवक सड़क दुर्घटना का शिकार हो गया। युवक अपनी चाचा-चाची से मिलने पन्ना आ रहा था, तभी उसकी बाइक अनियंत्रित होकर सड़क किनारे जा घुसी। इस हादसे में युवक को गंभीर चोटें आई हैं, जिसके बाद उसे तत्काल अस्पताल में भर्ती कराया गया है। जानकारी के अनुसार, शनिवार 29 नवंबर को मखरी कुठार निवासी 24 वर्षीय रवि आदिवासी अपनी मोटरसाइकिल से पन्ना की ओर जा रहा था। बिलखुरा के पास पहुंचते ही उसकी बाइक अचानक बेकाबू हो गई। घायल रवि ने बताया कि बाइक की रफ्तार काफी तेज थी, जिसके कारण वह संतुलन खो बैठा और सड़क किनारे बनी झाड़ियों में जा घुसा। इस हादसे में रवि के सिर, चेहरे और हाथ पर गंभीर चोटें आई हैं। दुर्घटना की आवाज सुनकर आसपास के लोग तुरंत मदद के लिए पहुंचे। लोगों ने बिना देरी किए एक निजी वाहन की व्यवस्था की और घायल रवि को तुरंत जिला अस्पताल पहुंचाया, जहां उसका इलाज जारी है। डॉक्टरों के अनुसार, युवक के सिर और चेहरे की चोटें चिंताजनक हैं, और डॉक्टरों की टीम उसके इलाज में जुटी हुई है।
डिंडौरी के पश्चिम करंजिया वन परिक्षेत्र में पिछले दो दिनों से चार हाथियों ने दो गांवों में जमकर उत्पात मचाया है। इन हाथियों ने तीन मकानों को क्षतिग्रस्त किया, एक बाइक तोड़ दी और खलिहान में रखी धान की फसल को भी भारी नुकसान पहुंचाया। वन विभाग की टीम लगातार हाथियों की गतिविधियों पर नज़र बनाए हुए है। छत्तीसगढ़ के जंगल से आए हाथी पहुंचा रहे नुकसान डिप्टी रेंजर प्रिंस मरावी ने जानकारी दी कि गुरुवार रात छत्तीसगढ़ के जंगल से आए हाथियों के दल ने पंडरी पानी गांव में शिव प्रसाद पिता अर्जुन सिंह के घर को चारों तरफ से तोड़ दिया। हाथियों ने उनके खलिहान में रखी फसल को भी नुकसान पहुंचाया। इसी दौरान, चंद्रभान और रेवा सिंह के घरों में बंधी भैंसों को भी हाथियों ने पटक दिया। उनके घरों में रखी बाइकें भी क्षतिग्रस्त कर दी गईं। ग्रामीणों में दहशत का माहौल है। हाथियों के मूवमेंट पर निगरानी रख रही है वन विभाग टीम वन विभाग की टीम द्वारा खदेड़े जाने के बाद, शनिवार सुबह हाथियों का यह दल चकरार गांव से होते हुए छत्तीसगढ़ सीमा पर स्थित तिनगड़ा तिराहे के पास जंगल में डेरा डाले हुए है। वन विभाग की टीम हाथियों के मूवमेंट पर लगातार निगरानी रख रही है ताकि आगे किसी भी तरह के नुकसान को रोका जा सके और ग्रामीणों को सुरक्षा प्रदान की जा सके।
‘क्लीनिक ले गए थे, तब बेटा स्वस्थ था। वह सिर्फ रो रहा था। उसे पहली बार डॉक्टर के पास ले गया था। क्लीनिक पर उसे दवा पिलाई। घर लाए, तो फिर तबीयत बिगड़ी। दोबारा ले गए, तो मना कर दिया। सरकारी अस्पताल में मृत बता दिया।’ यह कहना है छह महीने के इकलौते बेटे हर्षित को खोने वाले अनिल अहिरवार का। विदिशा जिले के सिरोंज में गुरुवार शाम इलाज के बाद बेटे की मौत हो गई। रात में ही स्वास्थ्य विभाग की टीम पहुंची और क्लीनिक सील कर दिया। जांच में पता चला कि क्लीनिक बिना रजिस्ट्रेशन के चल रहा था। यहां बड़ी मात्रा में एक्सपायर्ड एलोपैथिक दवाएं भी मिली हैं। क्लीनिक के संचालक अजीज उद्दीन के खिलाफ एफआईआर भी दर्ज की गई है। मामला सामने आने के बाद दैनिक भास्कर की टीम मुख्यालय से 12 किलोमीटर दूर लिधौड़ा गांव पहुंची। क्लीनिक जाकर देखा। आरोपी डॉक्टर से भी बात की। पहले बात बच्चे की… पिता बोले- हंसी देखकर मिट जाती थी थकानसिरोंज तहसील मुख्यालय से हिमलानी रोड से 10 किमी आगे लिधौड़ा गांव के लिए प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना की सड़क बनी है। करीब दो किमी आगे चलने पर गांव पहुंचे। यहां दो-तीन ग्रामीणों से पूछते-पूछते बच्चे के घर पहुंच गए। गांव के आखिरी छोर पर अनिल अहिरवार का कच्चा दो कमरों का घर बना है। कबेलू की छत है। यहां वह परिवार के साथ रहते हैं। पेशे से खेतिहर मजदूर हैं। दैनिक भास्कर की टीम पहुंची, तो अनिल बाहर ही मिल गए। वह छह महीने के इकलौते बेटे हर्षित के शव को दफनाकर ही आए थे। गांव वाले जा चुके थे। घर के बाहर 10-12 रिश्तेदार मौजूद थे। घर के अंदर से महिलाओं के रोने की आवाज आ रही थी। अनिल ने बताया कि साढ़े तीन साल पहले स्वाति के साथ शादी हुई थी। एक डेढ़ साल की बेटी सायरा है। छह महीने पहले हर्षित का जन्म हुआ। आसपास गांव में काम करने जाते हैं। इसी से गृहस्थी चलती है। कुछ ही दिन पहले बेटा पहचानना सीखा था। आवाज देते थे, तो पलटकर देखता था और हंसने लगता था। उसके चेहरे पर हंसी देखकर दिनभर की थकान मिट जाती थी। बोले- बेटा स्वस्थ था, वह सिर्फ रो रहा थाअनिल ने बताया कि बेटा एक दिन पहले तक स्वस्थ था। इससे पहले, कभी उसे अस्पताल नहीं ले गए। 26 नवंबर की रात वह लगातार रोए जा रहा था। बमुश्किल चुप हुआ। सुबह फिर से रोना शुरू कर दिया। समझ नहीं आ रहा था। लगा कि शायद उसे कोई तकलीफ है। दोपहर करीब 2 बजे उसे बाइक से सिरोंज में दिल्ली क्लीनिक पर डॉ. अजीज उद्दीन के पास लेकर गए। यहां बेटी को कई बार दिखाने लाए थे, लेकिन बेटे को पहली बार लेकर गए थे। यहां डॉ. अजीज उद्दीन ने देखा। उसे दो सिरप की पांच-पांच एमएल खुराक पिलाई। हालांकि बीमारी के बारे में कुछ नहीं बताया। बच्चे का पेट फूला हुआ था। दो दवाएं गो स्लीप, लसपास और रोगन कोगू पर्चे पर भी लिखकर दीं। रोगन कोगू से इससे मालिश करने के लिए कहा था। चौक से एक मेडिकल से दवा खरीद ली। इसके बाद हम घर आ गए। बेटे को दो दवा की खुराक भी दे दी। आधे घंटे बाद बेटे की ज्यादा तबीयत खराब होने लगी। वहे बेदम सा हो गया। दोपहर करीब 3.30 बजे दोबारा उसे लेकर क्लीनिक पहुंचे। यहां अजीज उद्दीन का बेटा डॉ. फारुखी (BUMS) मिले। उन्होंने कहा कि बच्चे में ऑक्सीजन की कमी है। उन्होंने आरोग्य नाम के अस्पताल भेज दिया। कहा कि तुम चलो, मैं भी वहीं आ रहा हूं। आरोग्य अस्पताल पहुंचे, तो वहां बच्चे की हालत देखकर बाहर से ही भगा दिया। कह दिया कि सरकारी अस्पताल ले जाओ। वहां देखा, तो फारुखी कहीं नहीं दिखा। इतने में बच्चे में हरकत भी नहीं थी। शरीर ठंडा पड़ चुका था। हम घबरा गए। शाम करीब 5:30 बजे सिविल अस्पताल ले गए। यहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। बीएमओ डॉ. नीरज पंथी को पूरी बात बताई। उन्होंने मामले को गंभीरता से लेते हुए कार्रवाई की। डॉक्टर के खिलाफ कार्रवाई की जाना चाहिए। अब क्लीनिक के बारे में बात... सिंगल फ्लोर पर पूरा अस्पतालइसके बाद टीम सिरोंज मुख्यालय पर कोर्ट गेट के पास राज बाजार में दिल्ली क्लीनिक पहुंची। बाहर दिल्ली क्लीनिक का बोर्ड लगा है। मदरसे की बिल्डिंग में ग्राउंड फ्लोर पर क्लीनिक के लिए एरिया किराए से लिया है। बाहर डॉ. अजीज उद्दीन, बीआईएमएस और पास ही डॉ. एमडी फारुखी बीयूएमएस लिखा है। करीब 700 वर्गफीट में दो हॉल, तीन केबिन छोटे हैं। एक कमरे में मेडिकल स्टोर की तरह रैक लगाकर दवाएं भरी हैं। इनमें एलोपैथिक, आयुर्वेदिक और यूनानी दवाएं शामिल हैं। हॉल और केबिन में मरीजों के लेटने के लिए बेंच भी बिछी हैं। मेडिकल भी खुद ही चलाते हैं। सफाई करने के लिए स्टाफ और अटेंडेंट भी रखा है, लेकिन वह भी मौजूद नहीं था। स्टेथोस्कोप भी रखे हैं। रोजाना करीब 50 से ज्यादा मरीज आते हैं। यहां तक कि लाइन लगाना पड़ती है। यहां आमतौर पर सर्दी-खांसी, जुकाम, बुखार और स्किन डिसीज का इलाज कराने मरीज आते हैं। दोनों पिता-पुत्र समाज के गणमान्य नागरिकों में शामिल हैं। उनकी छवि असरदार शख्सियत की है। अजीज उद्दीन मदरसे के संचालक मंडल में भी है। डॉक्टर बोला- 48 साल से कर रहा प्रैक्टिसडॉ. अजीज उद्दीन से दैनिक भास्कर ने बात की। हालांकि उन्होंने कैमरे पर बात करने से इनकार कर दिया। मौखिक तौर पर बताया कि 1976 में दिल्ली की हमदर्द यूनिवर्सिटी से BIMS यूनानी डिग्री ली है। साल 1977 से सिरोंज में क्लिनिकल प्रैक्टिस कर रहे हैं l हर्षित के बारे में बताया कि बच्चे का पेट फूला हुआ था, तो उसे लिव 52 सिरप और डायसाईं क्लोमिन ड्रॉप पिलाई थी। मेडिकल स्टोर से खरीदने के लिए मालिश की दवा लिखकर दी थी। वो कहीं से खरीदी होगी l दोबारा मेरे बेटे एमडी फारुखी ने उसे एग्जामिनेशन किया था। उसका ऑक्सीजन लेवल कम था, तो उसे कहीं और ले जाने बोल दिया था। मतलब, दवाइयां देने के करीब दो घंटे बाद ही बच्चे की मौत हो गईं l मरीजों से फीस नहीं लेता, लेकिन दवाओं में बचने वाला कमीशन ही प्रॉफिट है। एलोपैथिक दवाओं के बारे में पूछने पर स्पष्ट जवाब नहीं दिया। बीएमओ बोले- एक्सपायर्ड दवाओं को जब्त कर क्लीनिक सीलबीएमओ डॉ. नीरज पंथी ने बताया कि रात करीब 8 बजे राजस्व और पुलिस टीम ने क्लीनिक पर जाकर जांच की थी। यहां बड़ी मात्रा में एक्सपायर्ड दवाएं और ड्रिप मिलीं। उनके पास मेडिकल स्टोर का लाइसेंस नहीं है l क्लीनिक का रजिस्ट्रेशन भी नहीं मिला है, इसलिए उसे सील किया गया है l सिरोंज थाने में अजीज उद्दीन के खिलाफ BNS की धारा 271(24) मध्य प्रदेश आर्युविज्ञान परिषद एक्ट (19561958) के तहत FIR दर्ज कर ली गई। पुलिस का कहना है कि परिजन के बयानों और पीएम रिपोर्ट आने के बाद ही आगे कार्रवाई की जाएगी। पुलिस ने पूछताछ के लिए डॉक्टर को बुलाया था, लेकिन उसके बाद छोड़ दिया। यह भी पढ़ें- बच्चे की मौत…पुलिस ने डॉक्टर को छोड़ा विदिशा के सिरोंज में एक यूनानी डॉक्टर ने 6 महीने के बच्चे को सिरप पिलाई, इसके कुछ घंटे बाद उसकी मौत हो गई। पुलिस प्रशासन ने क्लीनिक सील कर दिया है। पूछताछ के बाद डॉक्टर को छोड़ दिया गया।विदिशा के सिरोंज में एक यूनानी डॉक्टर ने 6 महीने के बच्चे को सिरप पिलाई, इसके कुछ घंटे बाद उसकी मौत हो गई। पुलिस प्रशासन ने क्लीनिक सील कर दिया है। पूछताछ के बाद डॉक्टर को छोड़ दिया गया। पढ़ें पूरी खबर
ग्वालियर में शुक्रवार देर रात एक तेज रफ्तार कार अनियंत्रित होकर डिवाइडर से टकरा गई। हादसा रात करीब 12 बजे तानसेन मकबरा के सामने हुआ। कार की गति अधिक होने के कारण वह सड़क पर लहराती हुई डिवाइडर पर चढ़ गई और क्षतिग्रस्त हो गई। घटना के समय सड़क पर लोगों की आवाजाही थी और पास ही से एक बारात भी गुजर रही थी। ऐसे में यदि कार भीड़ की ओर बढ़ जाती तो बड़ा हादसा हो सकता था। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और कार को कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी है। हादसे के बाद कार चालक मौके से फरार हो गया। ग्वालियर के तानसेन मकबरा इलाके में शुक्रवार की रात तानसेन रोड की ओर से आ रही एक तेज रफ्तार कार MP21 CA-5957 अनियंत्रित हो गई। चालक ने कार को संभालने का प्रयास किया, लेकिन वह बेकाबू होकर सड़क पर लहराते हुए सीधे डिवाइडर पर जा टकराई और दीवार पर जा चढ़ी। जिस समय यह हादसा हुआ, घटना स्थल के पास से ही एक बारात गुजर रही थी। साथ ही आसपास काफी लोग मौजूद थे। हादसे के बाद चालक, कार को वहीं छोड़कर भाग गया है।कार जब्त कर थाना में भिजवायाघटना की सूचना मिलते ही रात को गश्त पर निकले पुलिस अधिकारी व बल मौके पर पहुंच गया। पुलिस ने क्रेन की मदद से क्षतिग्रस्त कार को डिवाइडर से हटवाकर निगरानी में लेकर थाना पहुंचा दिया है। पुलिस को आशंका है कि घटना के समय हो सकता है कार चालक नशे में हो। फिलहाल पुलिस कार के रजिस्ट्रेशन नंबर से पता लगा रही है कि कार मालिक कौन है।मामले में ग्वालियर थाना पुलिस ने बताया कि कार अनियंत्रित होकर तानसेन मकबरा के सामने डिवाइडर से जा टकराई है। हादसा किन हालात में हुआ, इसका पता लगाया जा रहा है। हादसे में किसी के घायल होने की खबर नहीं है।
बांसवाड़ा में युवक पर हमला, फोड़ डाला सिर:गाली-गलौज से रोकने पर किया अटैक, हॉस्पिटल में इलाज जारी
बांसवाड़ा जिले के घाटोल कस्बे में एक युवक के साथ एक बदमाश ने गाली-गलौज करते हुए मारपीट कर दी। जिससे युवक के सिर पर चोटें आई है। घायल युवक को इलाज के लिए बांसवाड़ा के महात्मा गांधी अस्पताल में भर्ती कराया गया है। घायल युवक के पिता धूलजी तीरगर ने बताया कि उनका बेटा गौरव तीरगर 22 कस्बे के चौराहे पर अपने दोस्तों के साथ बैठा हुआ था। इस दौरान एक शराबी वहा आया और गाली-गलौज करने लगा। जब गौरव ने उसे गाली-गलौज करने से रोका, तो शराबी ने गुस्से में आकर गौरव के सिर पर किसी चीज से वार कर दिया, जिससे वह घायल हो गया। अस्पताल में भर्ती किया, इलाज जारीहमले में बेटे के घायल होने के बाद उसे लेकर धूलजी पहले घाटोल थाने पहुंचे, जहां उन्होंने शराबी के खिलाफ रिपोर्ट दी। इसके बाद उसे स्थानीय अस्पताल घाटोल ले जाया गया। वहां प्राथमिक उपचार के बाद जबड़े व सिर में गम्भीर चोंट को देखते हुए शुक्रवार रात करीब सवा 12 बजे युवक को एमजी अस्पताल के लिए रेफर कर दिया गया। युवक के सिर में टांके लगना बताया जा रहा है। एमजी अस्पताल में गौरव का उपचार करने के बाद उसे वार्ड में भर्ती कर लिया गया है, जहां उसका उपचार जारी है।
गिरिडीह पुलिस ने साइबर अपराधियों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने उनके पास से 10 मोबाइल फोन, जिनमें 5 आईफोन शामिल हैं, 14 सिम कार्ड और एक स्कॉर्पियो वाहन बरामद किया है। यह कार्रवाई एसपी डॉ. बिमल कुमार को मिली गुप्त सूचना के आधार पर की गई। एक आरोपी मौके से फरार होने में सफल रहा पुलिस को सूचना मिली थी कि कुछ साइबर अपराधी पटना से खरीदारी कर स्कॉर्पियो वाहन से गिरिडीह-गांडेय मार्ग होते हुए जामताड़ा की ओर जा रहे हैं। इस सूचना पर साइबर पुलिस उपाधीक्षक आबिद खान के नेतृत्व में एक विशेष छापेमारी दल का गठन किया गया। टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए पांच साइबर अपराधियों को धर दबोचा। हालांकि, इस दौरान एक आरोपी मौके से फरार होने में सफल रहा। गिरफ्तार आरोपियों ने पूछताछ में बताया कि वे आम लोगों के व्हाट्सएप पर 'RTO Challan.apk' और 'RTO E-Challan.apk' जैसे लिंक भेजकर धोखाधड़ी करते थे। इसके अलावा, वे खुद को बैंक अधिकारी बताकर KYC अपडेट के नाम पर भी ठगी करते थे। ठगी से प्राप्त पैसों का उपयोग वे महंगे मोबाइल फोन और जेवरात खरीदने में करते थे। विभिन्न जिलों में रहकर साइबर अपराध को अंजाम देते थे ये अपराधी बिहार और झारखंड के विभिन्न जिलों में रहकर साइबर अपराध को अंजाम देते थे। साइबर थाना गिरिडीह में कांड संख्या 39/2025 के तहत मामला दर्ज कर लिया गया है। गिरफ्तार अभियुक्तों की पहचान विजय मंडल (21, करमाटांड़ जामताड़ा), अर्जुन मंडल (23, नारायणपुर जामताड़ा), अदित्या राज उर्फ ओम शंकर कुमार (22, बरबीघा शेखपुरा बिहार), गजेन्द्र कुमार (27, बलवापर नालंदा बिहार) और रवि कुमार (24, बलवापर नालंदा बिहार) के रूप में हुई है। फरार आरोपी का नाम निरमल मंडल (रकसकुट्टो, गांडेय गिरिडीह) बताया गया है। इस छापामारी दल में पुलिस साइबर उपाधीक्षक आबिद खान, साइबर थाना प्रभारी रामेश्वर भगत, गांडेय थाना प्रभारी आनंद प्रकाश सिंह, गजेन्द्र कुमार और पुलिस लाइन से प्राप्त सशस्त्र बल शामिल थे।
मुरैना के रिठौरा थाना क्षेत्र में एक युवक ने शादी समारोह में अपने सरपंच पिता की लाइसेंसी बंदूक से अंधाधुंध फायरिंग की। घटना शुक्रवार शाम की है। युवक ने फायरिंग का वीडियो अपनी इंस्टाग्राम आईडी पर भी अपलोड किया। वीडियो सामने आने के बाद रिठौरा पुलिस ने शस्त्र लाइसेंस निलंबित करने के लिए एसपी समीर सौरभ को प्रतिवेदन भेज दिया है। आरोपी युवक अरविंद गुर्जर है, जो मुरैना विकास खंड की बड़बारी पंचायत के वर्तमान सरपंच राजवीर गुर्जर का बेटा है। शुक्रवार शाम एक शादी समारोह में अरविंद ने अपने पिता की लाइसेंसी बंदूक से एक के बाद एक हर्ष फायर किए। वीडियो में वह एक कुर्सी पर बैठकर बंदूक को सामने की ओर तानकर लगातार फायरिंग करता दिखाई दे रहा है। समारोह में मच गया हड़कंप, बुजुर्गों ने रोकायुवक द्वारा शादी समारोह में लगातार फायरिंग करने की घटना से वहां हड़कंप मच गया। वह कुर्सी पर बैठे हुए सामने की तरफ बंदूक करके फायरिंग किए जा रहा था। यह देखकर समारोह में मौजूद कुछ युवक और बुजुर्ग अरविंद गुर्जर के पास गए और उससे फायरिंग बंद कराई। एसपी को भेजा लाइसेंस निरस्त करने का प्रस्तावरिठौरा थाना प्रभारी संतोष बाबू गौतम के अनुसार, युवक द्वारा फायरिंग की जा रही है। वीडियो सामने आने के बाद युवक की पहचान अरविंद गुर्जर के रूप में हुई है। उसके पिता सरपंच की बंदूक है। इस पर लाइसेंस निरस्त करने के लिए एसपी को प्रतिवेदन थाने से भेजा जा चुका है। अग्रिम कार्यवाही एसपी कार्यालय से होगी। झूठी शान के लिए फायरिंगगौरतलब है कि कई बार हर्ष फायरिंग के कारण शादी की खुशियां मातम में बदली हैं। स्थानीय प्रशासन ने भी शादी समारोह या भीड़ वाले इलाकों में बंदूक ले जाने पर रोक लगाई है, लेकिन झूठी शान के चलते हर्ष फायरिंग पर रोक नहीं लग पा रही है।
भिवानी जिले के पीएम श्री कन्या वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय लोहारू में करियर काउंसलिंग कार्यक्रम आयोजित किया गया। जिसमें छात्राओं को शिक्षा, करियर और भविष्य की संभावनाओं से संबंधित महत्वपूर्ण जानकारी दी गई। इस कार्यक्रम का उद्देश्य छात्राओं को विभिन्न करियर विकल्पों से अवगत कराना और उन्हें अपनी रुचि व क्षमता के अनुसार सही दिशा चुनने के लिए प्रेरित करना था। खंड शिक्षा अधिकारी विजय प्रभा कार्यक्रम की मुख्य अतिथि रहीं। उन्होंने छात्राओं को संबोधित करते हुए कहा कि आज के प्रतिस्पर्धी युग में सही मार्गदर्शन और समय पर करियर संबंधी जानकारी सफलता के लिए महत्वपूर्ण है। उन्होंने विद्यार्थियों से मेहनत, अनुशासन और दृढ़ निश्चय के साथ अपने लक्ष्यों की ओर बढ़ने का आह्वान किया। कौशल आधारित रोजगार की जानकारी दी कार्यक्रम में बाहरी विशेषज्ञ के तौर पर प्रोफेसर अंजू को आमंत्रित किया गया था। उन्होंने विज्ञान, प्रौद्योगिकी, चिकित्सा, प्रशासनिक सेवाओं, सैन्य सेवाओं, कौशल आधारित रोजगार और उच्च शिक्षा के विभिन्न पाठ्यक्रमों के बारे में विस्तार से बताया। उन्होंने छात्राओं को यह भी जानकारी दी कि भविष्य के बदलते परिदृश्य में नई तकनीकों और नवाचारों की समझ अत्यंत महत्वपूर्ण है। स्कूल की प्राचार्या दर्शना कुमारी ने कार्यक्रम की अध्यक्षता की। उन्होंने विद्यालय में चल रही शैक्षणिक गतिविधियों, छात्राओं की उपलब्धियों और शिक्षकों के प्रयासों की सराहना की। छात्राओं ने तैयार किए विज्ञान आधारित मॉडल करियर काउंसलिंग के साथ-साथ विद्यालय में विज्ञान प्रदर्शनी भी आयोजित की गई। इसमें छात्राओं ने विज्ञान आधारित मॉडल तैयार किए। ये मॉडल रविन्द्र सिंह और महेन्द्र सिंह के निर्देशन में बनाए गए थे। छात्राओं द्वारा प्रस्तुत मॉडल पर्यावरण संरक्षण, ऊर्जा के वैकल्पिक स्रोत, जल प्रबंधन, मानव स्वास्थ्य, कृषि विकास और दैनिक जीवन में विज्ञान की भूमिका जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर केंद्रित थे। कार्यक्रम के सफल आयोजन में श्यामसुंदर, विनोद बॉक्सर, जयवीर धनपत, जयप्रकाश, रेखा कुलहरी, सीमा,ममता, सोनू, सुमन, बबिता, सोनिया सहित सभी अध्यापकगणों का सराहनीय योगदान रहा। विद्यालय के सैकड़ों विद्यार्थी इस अवसर पर उपस्थित रहे और उन्होंने करियर काउंसलिंग व एग्ज़िबिशन से महत्वपूर्ण जानकारी प्राप्त की। अंत में विद्यालय प्रशासन ने सभी अतिथियों, अध्यापकों और विद्यार्थियों का आभार व्यक्त किया तथा भविष्य में भी ऐसे सार्थक और प्रेरक कार्यक्रम आयोजित करने की प्रतिबद्धता जाहिर की। छात्राओं ने तैयार किए विज्ञान आधारित मॉडल करियर काउंसलिंग के साथ-साथ विद्यालय में एक विज्ञान प्रदर्शनी भी आयोजित की गई। इसमें छात्राओं ने विज्ञान आधारित मॉडल तैयार किए। ये मॉडल रविन्द्र सिंह और महेंद्र सिंह के निर्देशन में बनाए गए थे। छात्राओं द्वारा प्रस्तुत मॉडल पर्यावरण संरक्षण, ऊर्जा के वैकल्पिक स्रोत, जल प्रबंधन, मानव स्वास्थ्य, कृषि विकास और दैनिक जीवन में विज्ञान की भूमिका जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर केंद्रित थे। कार्यक्रम के सफल आयोजन में श्यामसुंदर, विनोद बॉक्सर, जयवीर धनपत, जयप्रकाश, रेखा कुलहरी, सीमा, ममता, सोनू, सुमन, बबिता, सोनिया सहित सभी अध्यापकगणों का सराहनीय योगदान रहा। विद्यालय के सैकड़ों विद्यार्थी इस अवसर पर उपस्थित रहे और उन्होंने करियर काउंसलिंग व प्रदर्शनी से महत्वपूर्ण जानकारी प्राप्त की। अंत में विद्यालय प्रशासन ने सभी अतिथियों, अध्यापकों और विद्यार्थियों का आभार व्यक्त किया तथा भविष्य में भी ऐसे सार्थक और प्रेरक कार्यक्रम आयोजित करने की प्रतिबद्धता जाहिर की।
दतिया में 19 वर्षीय युवती ने आत्महत्या की:साड़ी से फंदा बनाकर कमरे में लटककर दी जान
दतिया जिले के पण्डोखर थाना क्षेत्र के गांव चांदनी में शुक्रवार रात एक 19 साल की युवती ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। घटना तब सामने आई जब रात करीब 8:30 बजे उसकी मां कमरे में गई और बेटी को फंदे पर लटका हुआ देखा। परिजनों ने तुरंत पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर शव को नीचे उतरवाया और पोस्टमार्टम के लिए भेजा। जानकारी के मुताबिक, मृतका का नाम डोली (19) पुत्री पर्वत विश्वकर्मा है। उसने साड़ी से फंदा बनाकर कमरे के पंखे से लटककर जान दे दी। फिलहाल यह साफ नहीं हो सका है कि उसने ऐसा कदम क्यों उठाया। शनिवार दोपहर पोस्टमार्टम के बाद पुलिस ने शव परिजनों को सौंप दिया। डोली चार बहनों में दूसरे नंबर पर थी। उसके पिता खेती किसानी करते हैं। पण्डोखर पुलिस ने मर्ग कायम कर लिया है और यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि युवती ने आत्महत्या क्यों की।
सिवनी के पेंच टाइगर रिजर्व से राजस्थान के बाघों का जीन पूल सुधारने के लिए एक बाघिन की तलाश शुरू हो गई है। लगभग 50 वनकर्मी सुबह से जंगल में बाघिन की खोज कर रहे हैं। राजस्थान के कोटा से आए सीसीएफ वाइल्ड लाइफ सुगनाराम जाट और पशु चिकित्सक डॉ. तेजेंद्र सिंह रियार भी हाथी पर सवार होकर सर्चिंग में जुटे हैं। यह तलाश बफर क्षेत्र के रूखड़ इलाके, मसूरनाला क्षेत्र और कुरई रेंज में चल रही है। 6 से अधिक बाघिनों की हुई स्क्रीनिंग जानकारी के अनुसार, राजस्थान के बूंदी जिले स्थित रामगढ़ टाइगर रिजर्व ले जाने के लिए पहले आधा दर्जन बाघिनों की स्क्रीनिंग की गई थी। इनमें से चार बाघिनों के साथ शावक होने के कारण उन्हें स्थानांतरित करने का विचार रद्द कर दिया गया। वहीं, लगभग छह साल की एक बाघिन ने अब तक किसी शावक को जन्म नहीं दिया था, जिसके कारण उसे भी अस्वीकृत कर दिया गया। मध्य प्रदेश-महाराष्ट्र से कुल सात बाघ-बाघिन राजस्थान भेजे जाएंगे इसके बाद, लगभग ढाई से तीन साल की बाघिन पीएन-224 के स्थानांतरण की योजना तैयार की गई है। इस योजना के तहत, चरणबद्ध तरीके से मध्य प्रदेश और महाराष्ट्र से कुल सात बाघ-बाघिन राजस्थान भेजे जाएंगे। इनमें से तीन बाघिन रामगढ़ विषधारी टाइगर रिजर्व जाएंगी, जबकि दो बाघ और दो बाघिन मुकुंदरा हिल्स टाइगर रिजर्व भेजे जाएंगे। सबसे पहले पेंच टाइगर रिजर्व से बाघिन पीएन-224 को ले जाया जाएगा, जो एक नया रिकॉर्ड बनाएगी। बाघिन पीएन-224 को हेलिकॉप्टर से भेजा जाएगा पेंच टाइगर रिजर्व की इस बाघिन को भारतीय वायुसेना के हेलिकॉप्टर से ले जाया जाएगा। राजस्थान के अधिकारियों ने इस संबंध में रक्षा मंत्रालय को पत्र लिखा था, लेकिन मंजूरी मिलने में देरी हो रही थी। हालांकि, लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला की पहल पर केंद्रीय रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने इसकी स्वीकृति प्रदान कर दी है। इसके बाद पेंच टाइगर रिजर्व के अधिकारी भी सक्रिय हो गए हैं। यह देश में पहली बार होगा कि किसी बाघ-बाघिन को एयरलिफ्ट कर एक राज्य से दूसरे राज्य में ले जाया जाएगा। पेंच के डिप्टी फील्ड डायरेक्टर रजनीश कुमार सिंह ने बताया कि बाघिन को हवाई मार्ग से ले जाने में कोई कठिनाई नहीं है। दुरिया गेट के पास हेलीपैड उपलब्ध है, और सुकतरा में हवाई पट्टी भी मौजूद है।
भदोही पुलिस ने सड़क सुरक्षा सुनिश्चित करने के उद्देश्य से एक सघन चेकिंग अभियान चलाया। इस अभियान के तहत यातायात नियमों का उल्लंघन करने वाले कुल 495 वाहनों का चालान किया गया, जबकि तीन वाहनों को सीज किया गया। पुलिस अधीक्षक अभिमन्यु मांगलिक के निर्देश और अपर पुलिस अधीक्षक शुभम अग्रवाल के पर्यवेक्षण में यह कार्रवाई की गई। क्षेत्राधिकारी यातायात राजीव सिंह के नेतृत्व में, यातायात प्रभारी अनिल सिंह ने पर्याप्त पुलिस बल के साथ विभिन्न चौराहों पर चेकिंग अभियान चलाया। अभियान के दौरान मुख्य रूप से बिना हेलमेट, बिना सीट बेल्ट, ब्लैक फिल्म का उपयोग, गलत नंबर प्लेट या बिना नंबर प्लेट वाले वाहनों के खिलाफ कार्रवाई की गई। इसमें 460 दोपहिया और 35 चार पहिया वाहनों का चालान शामिल है। पुलिस ने वाहन चालकों को यातायात नियमों का पालन करने और सुरक्षित रहने के लिए जागरूक किया। विशेष रूप से, दोपहिया वाहन चालकों को हेलमेट पहनने की सलाह दी गई ताकि दुर्घटना की स्थिति में सिर की गंभीर चोटों से बचा जा सके। चार पहिया वाहन चालकों और सवारियों को भी सीट बेल्ट का अनिवार्य रूप से उपयोग करने को कहा गया। इसके अतिरिक्त, वाहन चालकों को तीन सवारी न बैठाने, शराब या अन्य नशा करके वाहन न चलाने, नियंत्रित गति से और सड़क की गति सीमा का पालन करते हुए वाहन चलाने के निर्देश दिए गए। उन्हें बिना नंबर प्लेट के वाहन न चलाने और ओवर स्पीड से बचने की भी हिदायत दी गई। पुलिस ने वाहन चलाते समय मोबाइल फोन या ईयरफोन का उपयोग न करने, ब्लैक फिल्म लगाकर वाहन न चलाने और स्टंटबाजी से बचने पर जोर दिया। साथ ही, हूटर, मॉडिफाइड साइलेंसर या मानक के विपरीत तीव्र ध्वनि वाले हॉर्न का प्रयोग न करने की भी चेतावनी दी गई।
जालोर जिले के बागरा में भैरवनाथ मंदिर की 1 दिसंबर से पांच दिवसीय प्राण प्रतिष्ठा महोत्सव का आयोजन किया जा रहा हैं। यह प्राण प्रतिष्ठा भैरव धाम डुडसी प्याऊ बागरा जालोर व नाथजी का अखाड़ा सोनाणा धाम सारंगवास पाली के महन्त विक्रम नाथ महाराज व भैरूनाथ अखाड़ा जालोर के महन्त पीर गंगानाथ महाराज ने सानिध्य में आयोजित होगी। प्राण प्रतिष्ठा महोत्सव के दिन भामाशाह परिवार हडमाराम पुत्र हरसनलाल के द्वारा पूजा पाठ के बाद वैदिक मंत्रों के साथ मंदिर के गर्भग्रह में भैरवनाथ मूर्ति की स्थापना की जाएगी। इसके बाद लक्ष्मण कुमार, उत्तम कुमार परिवार के मंदिर शिखर पर अमर ध्वजा व लाभार्थी परिवार दुर्गाराम पुत्र वजाराम सुन्देश सोनरा के द्वारा मुख्य कलश शिखर झंडा की स्थापना की जाएगी। इसके साथ ही प्राण प्रतिष्ठा महोत्सव में हेलिकॉप्टर से पुष्पा वर्षा भी कि जाएगी। साधु-संतों का होगा स्वागत सत्कारइसके साथ ही महोत्सव में जालोर समेत राजस्थान से आने वाले साधु संतों का स्वागत किया जाएगा। इसके लिए अलग से व्यवस्था की गई हैं। इसकी तैयारियों को अंतिम रूप दिया जा रहा हैं। महोत्सव में आने के लिए मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा, उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ महाराज समेत कई सांधु संतों को आमंत्रण पत्रिका दी जा रही है। यह होगा 5 दिन तक कार्यक्रम
जगदलपुर में बाइक चोरी, ओडिशा से पकड़ाए चोर:संजय बाजार और मीना बाजार से किए थे चोरी; 2 आरोपी गिरफ्तार
छ्त्तीसगढ़ के जगदलपुर में बाइक चुराने वाले 2 चोरों को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। इनमें एक ओडिशा का रहने वाला है। ये दोनों चोर शहर के मीना बाजार और संजय बाजार से बाइक की चोरी किए थे। ओडिशा में छिपे हुए थे। वहीं FIR दर्ज होने के बाद पुलिस ने इन्हें कोरापुट और नगरनार से गिरफ्तार किया है। चोरी की बाइक भी बरामद की गई है। मामला सिटी कोतवाली थाना क्षेत्र का है। ओडिशा के चोर ने की बाइक चोरी जानकारी के मुताबिक, सरगीपाल के रहने वाले एक युवक ने पुलिस थाने में बाइक चोरी की FIR दर्ज करवाई थी। जिसके बाद पुलिस मामले की जांच में जुटी थी। शहर में लगे CCTV फुटेज खंगाले गए थे। साथ ही मुखबिरों से भी जानकारी जुटाई गई थी। पुलिस को पता चला कि ओडिशा के एक चोर ने बाइक की चोरी की है। जिसके बाद SP शलभ सिन्हा ने आरोपी को पकड़ने के लिए थाना प्रभारी भोला सिंह राजपूत के नेतृत्व में टीम बनाई थी। ओडिशा और बस्तर से पकड़ाए चोर टीम को ओडिशा रवाना किया गया था। वहीं कोरापुट में एक ठिकाने में पुलिस ने दबिश दी। वहां से पुलिस ने एक युवक को बाइक के साथ पकड़ा। पूछताछ में उसने अपना नाम अरुण हरिजन (19) बताया। पुलिस ने इसके पास से चोरी की एक बाइक बरामद की। पूछताछ में पता चला कि बस्तर के नगरनार का रहने वाला एक अन्य युवक हेमंत कुमार (25) ने भी बाइक चोरी में मदद की है। जिसके बाद पुलिस ने उसे भी पकड़ा। उसके पास से भी चोरी की एक बाइक बरामद की गई। जिसके बाद पुलिस ने दोनों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है।
दुर्गागंज हॉस्पिटल से स्टाफ की साइकिल चोरी, VIDEO:घटना CCTV में कैद, पुलिस कार्रवाई पर सवाल
भदोही के दुर्गागंज थाना क्षेत्र में चोरी की घटनाएं लगातार सामने आ रही हैं। ताजा मामला दीर्घायु हॉस्पिटल के सामने का है, जहां देर रात अस्पताल स्टाफ अर्जुन कुमार गौतम की साइकिल चोरी हो गई। अर्जुन गौतम, पुत्र जोखन राम गौतम, ड्यूटी खत्म कर बाहर निकले तो उन्होंने अपनी साइकिल गायब पाई। अर्जुन गौतम ने तत्काल दुर्गागंज थाने में लिखित शिकायत दर्ज कराई और कार्रवाई की मांग की। हालांकि, खबर लिखे जाने तक स्थानीय पुलिस द्वारा इस मामले में कोई कार्रवाई नहीं की गई है। इससे पीड़ित और अन्य अस्पताल कर्मचारियों में असंतोष देखा जा रहा है। यह चोरी की घटना सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गई है। फुटेज में एक संदिग्ध युवक साइकिल ले जाते हुए स्पष्ट दिख रहा है, लेकिन उसकी पहचान अभी तक नहीं हो पाई है। स्थानीय निवासियों ने क्षेत्र में लगातार हो रही चोरी की घटनाओं पर पुलिस की कथित उदासीनता पर चिंता व्यक्त की है। अस्पताल कर्मचारियों के अनुसार, रात के समय अस्पताल परिसर के बाहर सुरक्षा व्यवस्था पहले से ही कमजोर है। इस चोरी की घटना ने सुरक्षा इंतजामों पर सवाल खड़े कर दिए हैं। लोगों ने पुलिस प्रशासन से जल्द से जल्द कार्रवाई करते हुए चोर की गिरफ्तारी और साइकिल की बरामदगी की मांग की है। पीड़ित अर्जुन गौतम ने कहा कि यदि समय रहते कार्रवाई की जाए, तो क्षेत्र में बढ़ रही ऐसी घटनाओं पर अंकुश लगाया जा सकता है। उन्होंने उम्मीद जताई कि पुलिस शीघ्र कार्रवाई कर न्याय सुनिश्चित करेगी।
भारतीय किसान एकता (बीकेई) यूनियन 2 दिसंबर, मंगलवार को सिरसा में उपायुक्त कार्यालय पर प्रदर्शन करेगी। यह प्रदर्शन सिरसा जिले के 25 गांवों के खरीफ-2024 के बकाया बीमा क्लेम, खरीफ-2020 के मुआवजे, खरीफ-2023 के बीमा प्रीमियम की वापसी, नहरी पानी की समस्या और मंडियों में किसानों के साथ हो रही कथित लूट जैसी विभिन्न मांगों को लेकर किया जाएगा। इस प्रदर्शन के लिए भारतीय किसान एकता की टीम ने आज (शनिवार को) जिले के कई गांवों का दौरा किया। प्रदेशाध्यक्ष लखविंदर सिंह औलख की अध्यक्षता में टीम ने किसानों से प्रदर्शन में बड़ी संख्या में शामिल होने की अपील की। किसानों की विभिन्न समस्याओं पर चर्चा बीकेई टीम ने रामपुरा बिश्नोईयां, रामगढ़, चक जालू, गोरीवाला, लंबी, मोडी, मुन्ना वाली, चक फरीदपुर (दारेवाला), खाई शेरगढ़, खारिया, फतेहपुरिया और शेखूपुरिया जैसे गांवों में किसानों से बातचीत की। इस दौरान किसानों की प्रमुख मांगों पर चर्चा की गई। इन मांगों में पिछले दिनों हुई भारी बरसात, जलभराव और हिसार घग्गर ड्रेन से हुई तबाही के कारण हुए नुकसान का मुआवजा और बीमा क्लेम जारी करना शामिल है। इसके अतिरिक्त, मंडियों में किसानों के साथ हो रही कथित लूट को रोकने की भी मांग की गई। मंगलवार, 2 दिसंबर 2025 को सुबह 10.30 बजे किसान शहीद भगत सिंह पार्क, बरनाला रोड पर इकट्ठे होंगे और वहां से 11 बजे डीसी दफ्तर सिरसा में विरोध प्रदर्शन करेंगे। इस मौके पर बीकेई से जगदीप सिंह गिल, लालचंद गोरीवाला, खुशदीप सिंह, कुलबीर सिंह कैमी, विनोद कुमार सरपंच, विजय सिंह, रोहताश, मनीराम, सुशील, अनुज, सुनील, संपत, हनुमान, दलीप सिंह नंबरदार, जोगेंद्र सिंह, विनोद सुथार, दर्शन सिंह, बेगराज, कृष्ण, विनोद कुमार, भानीराम सहित अन्य किसान उपस्थित थे।
बूंदी कोटा के एक व्यापारी को प्रेमजाल में फंसाकर (हनी ट्रैप) उसमे 35 हजार रुपए नकद व एक सोने का कड़ा लुटने वाले गिरोह का सदर थाना पुलिस ने पर्दाफाश किया है। पुलिस ने घटना का खुलासा करते हुए गिरोह की 2 मास्टरमाइंड महिला को बापर्दा गिरफ्तार करते हुए उसके दो सहयोगियों को पकड़ा है। पुलिस ने कार्रवाई के दौरान घटना में प्रयुक्त 2 मोटर साइकिल को भी जब्त किया है। मामले में अनुसंधान जारी है। एयर कंडीशनर लगवाने का दिया झांसा पुलिस अधीक्षक राजेंद्र कुमार मीणा के अनुसार कोटा गुमानपुरा निवासी फरियादी ने सदर थाने में रिपोर्ट दी थी। जिसमें बताया था कि उसके कोटा में इलेक्ट्रिकल की दुकान है। 26 अक्टूबर को सोशल मीडिया पर अनजान नंबर से फोन आया और एयर कंडीशनर लेने को लेकर एक लड़की से बातचीत हुई। दुकान मालिक ने दुकान पर आने, की बात कही। दो दिन बाद एक लड़की दुकान पर आई और एयर कंडीशनर देखकर चली गई। उसके दो दिन बाद 29 तारीख को फिर उसी लड़की का मोबाइल पर मैसेज आया और कहा कि उसके पापा प्रॉपटी डीलर का कार्य करते हैं। उनके बड़े-बड़े लोगों से लेनदेन है। वह एयर कंडीशनर लगाने की साइट दिखा देगी और अगर डील फाइनल हो जाती है तो उसमें उसका कमीशन निकाल देना। इस पर दुकान मालिक ने हां कर दी। साइट दिखाने के बहाने होटल बुलाया, मांगे 10 लाख लड़की ने 5 नवंबर को मैसेज कर करीब 6.30 बजे देवपुरा के नानकपुरिया तिराहे पर इलेक्ट्रॉनिक व्यापारी को बुलाया और साइट दिखाने के बहाने उसे एक होटल में ले गई। जहां साइट को लेकर कोई बातचीत नहीं हुई और कमरे में बैठकर खुद बात करने लग गई। बाद में लड़की ने कहा उसे वापस छोड़ दे, बाद में साइड बता दूंगी। लड़की को नाकपुरिया छोड़ना चाहा तो उसने मंडी गेट पर छोड़ने को कहा। जैसे में मंडी गेट पहुंचा तो अचानक एक गाड़ी से उतरकर एक महिला समेत समेत दो जने आए और आरोप लगाने लगे कि उसने इस लड़की के साथ होटल में गलत काम किया है। आरोपियों ने पीड़ित से 10 लाख रुपए की मांग की और उसे जबरन गाड़ी में बैठाकर तालेड़ा की ओर ले गए। सोने का कड़ा और नकदी लूटी, जंगल में छोड़ा रास्ते में आरोपियों ने पीड़ित की पत्नी को मोबाइल से फोन लगाकर उसके पति के बारे में पूछा, इस दौरान पीड़ित के चिल्लाने पर उन्होंने फोन काट दिया। इस आरोपी गाड़ी को घूमाते रहे और पीड़ित से मारपीट करते रहे। पैसों की व्यवस्था नहीं होने पर आरोपियों ने पीड़ित के हाथ से सोने का कड़ा और 35 हजार रूपए नकदी छीनकर, उसे जंगल में छोड़ गए। आरोपियों के खिलाफ कई थानों में हनी ट्रेप के मामले हैं दर्ज पुलिस ने मामला दर्जकर जांच शुरू की। जिसके बाद पुलिस ने तालेड़ा से लखविंद्र सिंह उर्फ लक्की व कोटा शहर संजय नगर निवासी आरोपी रौनक पंवार को गिरफ्तार करने में सफलता हासिल करते हुए गिरोह की दो मास्टर माइंड महिलाओं को बापर्दा गिरफ्तार किया है। एसआई रामेश्चर आर्य ने बताया कि पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर टीम गठित की गई थी। घटना स्थल का निरीक्षण कर तकनीकी साक्ष्य जुटाएं। आरोपियों को पकड़ने के लिए संदिग्ध स्थानों पर दबिश दी गई और घटना की अंजाम देने वाले गिरोह का पर्दाफाश किया। अभी पूछताछ जारी है। कई और मामले खुलने की संभावना है। उन्होंने बताया कि गिरोह की दो मास्टर माइंड महिला और अन्य जनों के विरुद्ध कोटा सहित कई जगहों पर हनी ट्रेप के मामले दर्ज है। फर्जी आईडी बनाकर व्यापारियों बनाते जान-पहचान आरोपी शातिर अपराधी प्रवृत्ति के हैं। वे अलग-अलग सोशल मीडिया की फर्जी आईडी बनाकर व्यापारियों को मैसेज करते हैं और उनसे बातचीत के जरिए नजदीकी बढ़ाकर किसी काम के सिलसिले में होटल बुलाते हैं। कुछ देर बात करने के बाद गिरोह के सदस्यों द्वारा बताई जगह पर छोड़ने की बात करते हैं। वहां पहुंचने के बाद गिरोह के सदस्य डरा धमका कर पैसे लूट कर फरार हो जाते हैं। गिरोह में 2-3 महिला व पुरुष शामिल है। गिरोह के सदस्य लोगों को बलात्कार के मामले में फंसाने की धमकी देकर पैसे ऐंठते हैं। फरियादी से भी आरोपियों 10 लाख रुपए की मांग की गई थी। टीम में यह रहे शामिल सदर थाना प्रभारी रमेशचंद अर्थ की अगुआई में गठित टीम में एएसआई अशोक कुमार, कॉन्स्टेबल जेठाराम, हराम, हनुमान, गजेंद्र यादव, महिला कॉन्स्टेबल सोना गुर्जर, सोनू, सवाई शामिल रहे।
कोतवाली थाना क्षेत्र के मेला ग्राउंड में आयोजित शरद महोत्सव में बाउंसरों द्वारा दो युवकों से मारपीट का मामला सामने आया है। यह घटना झूले पर हुई, जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर शेयर हो रहा है। जानकारी के अनुसार युवकों और बाउंसरों के बीच किसी बात को लेकर बहस हुई थी। इसके बाद बाउंसरों ने युवकों को पीटना शुरू कर दिया। मारपीट के दौरान एक युवक बेहोश हो गया, लेकिन बाउंसरों ने उसे डंडों से पीटना जारी रखा। युवकों को झूले से नीचे भी पटका गया, जिससे उन्हें चोटें आईं। घटना की सूचना मिलते ही सीओ सिटी कृष्णराज जांगिड़ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने इस मामले में दो युवकों और दो बाउंसरों को हिरासत में लिया है। पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है।
दतिया में महिला से दुष्कर्म:भतीजा वीडियो वायरल करने की धमकी देकर एक साल से कर रहा था ब्लैकमेल
दतिया में बड़ौनी थाना क्षेत्र के एक गांव में शनिवार को महिला से दुष्कर्म और ब्लैकमेलिंग का मामला सामने आया है। पीड़िता ने अपने भतीजे पर करीब एक साल से लगातार शारीरिक शोषण करने और वीडियो–फोटो वायरल करने की धमकी देने का आरोप लगाया है। पीड़िता के मुताबिक, लगभग एक साल पहले वह घर में नहा रही थी, तभी आरोपी भतीजे ने चोरी-छिपे उसकी वीडियो और फोटो बना लिए। इन्हीं आपत्तिजनक वीडियो के आधार पर वह उसे धमकाकर लंबे समय से दुष्कर्म करता आ रहा था। हिम्मत जुटाकर पति को बताया मानसिक रूप से परेशान पीड़िता ने आखिरकार हिम्मत जुटाकर पूरी घटना अपने पति को बताई। इसके बाद दंपति बड़ौनी थाना पहुंचे और आरोपी के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने मामले में दुष्कर्म, ब्लैकमेल और संबंधित धाराओं में प्रकरण दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। बड़ौनी थाना प्रभारी दिनेश राजपूत ने बताया कि आरोपी वर्तमान में फरार है, जिसकी तलाश की जा रही है। पुलिस का कहना है कि आरोपी को जल्द ही गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
हेमंत सोरेन सरकार के एक साल पूरा होने पर मोरहाबादी में भव्य कार्यक्रम किया गया। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने 8792 युवाओं को नियुक्ति पत्र दिया। वहीं सरकार ने कहा कि हमने एक साल में 16 हजार सरकारी नौकरी दी। सीएम हेमंत से मंच से कहा कि हजारों नियुक्तियां और होंगी। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के दावे और सरकार की उपलब्धियों को भाजपा ने बर्बादी काल बताया है। रांची स्थिति भाजपा कार्यालय से सरकार के कार्यकाल पर आरोप पत्र जारी किया गया। नेता प्रतिपक्ष और भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष बाबूलाल मरांडी, विधायक नवीन जायसवाल, आदित्य साहू ने संयुक्त रूप से आरोप पत्र जारी किया। इस दौरान उन्होंने कहा कि यह अबुआ सरकार नहीं बल्कि ठगुआ सरकार है। घोषणापत्र बना धोखा पत्र भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष बाबूलाल मरांडी हाथों में हेमंत सरकार के घोषणा पत्र को लेकर प्रेसवार्ता की। उन्होंने कहा कि सरकार अपने वायदे पर पूरी तरह फेल है। बीते पांच साल और इस साल के कार्यकाल के दौरान सरकार ने जनता को धोखा ही दिया है। उन्होंने कहा कि सरकार अपने घोषणापत्र के सात बिंदुओं में से एक भी पूरा नहीं कर सकी। धर्मांतरण के मुद्दे को हवा देते हुए बाबूलाल मरांडी ने कहा कि सरकार अपनी घोषणापत्र में सांस्कृति संरक्षण की बात कहती है और इधर चंगाई सभा और प्रार्थना सभा के नाम पर धर्मांतरण का खेल चल रहा है। अबुआ सरकार में आदिवासी सर्वाधिक पीड़ित भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष बाबूलाल मरांडी ने संबोधित करते हुए कहा कि इस सरकार में सबसे ज्यादा कोई पीड़ित हुआ है तो वह आदिवासी ही हैं। कहा कि हेमंत सरकार ने सभी परिवार को 7 किलो अनाज हर माह देने की बात कही थी, आज तक यह अनाज नहीं पहुंचा। पांच किलो अनाज तो केंद्र सरकार दे रही है। उन्होंने कहा कि इनकी घोषणाओं के लाभ की जानकारी हमें भी मिलती है। संथाल के जिस क्षेत्र से सीएम आते हैं, जनता वहीं सबसे ज्यादा प्रभावित है। जिस अबुआ सरकार ने संथाल को आदिवासियों को सर्वाधिक उम्मीद थी, वहीं लोग आज भी प्रभावित हैं। बिना विचार और सिद्धांत का गठबंधन भाजपा नेताओं का कहना है कि बिना विचार और सिद्धांत का गठबंधन आज राज्य को भ्रष्टाचार के रास्ते पर धकेल रहा है। बालू, पत्थर, जमीन और कोयले की लूट खुलकर हो रही है, जबकि आम आदमी महंगाई और अव्यवस्था से परेशान है। पार्टी का आरोप है कि सरकार के संरक्षण में कोयले का अवैध उत्खनन बढ़ा है और बालू की कीमतें आसमान छू रही हैं। भाजपा ने दावा किया कि राज्य की कानून-व्यवस्था पूरी तरह चरमरा गई है। राजधानी रांची समेत कई जिलों में अपराधी खुलेआम घटनाओं को अंजाम दे रहे हैं। पार्टी का कहना है कि आदिवासी समाज सबसे ज्यादा प्रताड़ित है और जल, जंगल, जमीन की सुरक्षा के नाम पर सरकार ने केवल लूट की स्थितियां पैदा की हैं। भाजपा नेताओं ने आरोप लगाया कि पिछले छह वर्षों में हेमंत सरकार ने युवाओं, महिलाओं, किसानों, दलितों, पिछड़ों सभी वर्गों से वादाखिलाफी की है।
अजमेर के रामगंज थाना क्षेत्र स्थित गौतम नगर निवासी युवक ने घर पर फंदा लगाकर सुसाइड कर लिया। परिवार ने जब उसे फंदे पर लटका देखा तो घर में कोहराम मच गया। सूचना मिलने पर रामगंज थाना पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने पोस्टमॉर्टम की कार्रवाई कर शव परिजनों को सुपुर्द कर दिया। पुलिस सुसाइड के कारणों को लेकर जांच में जुटी है। मृतक के चाचा सतवीर ने बताया कि उसका भतीजा प्रकाश रात को शादी से आने के बाद अपने कमरे में चला गया। सुबह जब परिवार उठा तो कमरे की लाइट जली हुई थी। कमरे को खोलकर देखा तो प्रकाश(20) फंदे पर लटका हुआ था। चाचा ने बताया कि पड़ोसियों को इसकी सूचना दी गई। सूचना मिलने पर रामगंज थाना पुलिस भी मौके पर पहुंच गयी। पुलिस ने मौका मुआयना कर फांसी के फंदे से उसे उतारा और जेएलएन अस्पताल की मोर्चरी में भिजवाया गया। भतीजा ट्रेन में मोबाइल एसेसरीज बेचने का काम करता था। भतीजे ने सुसाइड क्यों किया इसकी जानकारी नहीं है। रामगंज थाना पुलिस मामले के जांच में जुटी है।
शहडोल के जैतपुर थाना क्षेत्र के खाड़ा गांव में एक नवविवाहिता संगीता प्रजापति (25) की धारदार हथियार से हत्या कर दी गई। घटना शुक्रवार देर शाम की है। पुलिस के अनुसार, संगीता के सिर पर धारदार हथियार से हमला किया गया, जिससे उसकी मौत हो गई। घर से सटे खलिहान में शव छिपाने की कोशिश हत्या के बाद आरोपी ने शव को घर से सटे खलिहान में छिपाने की कोशिश की। परिजनों के तलाश शुरू करने पर नवविवाहिता का शव खलिहान में घास के ढेर के बीच मिला। सूचना मिलने पर जैतपुर पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू की। 13 घंटे बाद मौके पर पहुंची FSL टीम परिजनों ने बताया कि स्थानीय पुलिस समय पर पहुंच गई थी, लेकिन फोरेंसिक साइंस लेबोरेटरी (FSL) की टीम 13 घंटे बाद शनिवार सुबह घटनास्थल पर पहुंची। इस दौरान शव रात भर मौके पर ही पड़ा रहा। पुलिस ने शनिवार सुबह शव को कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम के लिए जैतपुर अस्पताल भेजा। जेठ पर विवाद के बाद हत्या की आशंका पुलिस के अनुसार, घटना के दिन शुक्रवार सुबह संगीता के पति काम पर चले गए थे। संगीता घर पर अपनी सास और जेठ के साथ थी। शुक्रवार शाम को संगीता का अपने जेठ के साथ विवाद हुआ, जिसमें सास भी मौजूद थी। यह विवाद इतना बढ़ गया कि संगीता की हत्या कर दी गई। परिजनों को हिरासत में लेकर जांच कर रही पुलिस जैतपुर पुलिस इसी एंगल से जांच कर रही है। कुछ परिजनों को हिरासत में लेकर पूछताछ कर रही है। जैतपुर थाना प्रभारी जियाउल हक ने बताया कि खाड़ा गांव में नवविवाहिता का शव मिला है। FSL टीम घटनास्थल पर जांच कर रही है। कुछ संदिग्ध परिजनों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। जल्द ही मामले का खुलासा किया जाएगा।
हरदा में दैनिक भास्कर समूह के संस्थापक स्वर्गीय रमेश चंद्र अग्रवाल का 81वां जन्मदिन शनिवार को 'प्रेरणा दिवस' के रूप में मनाया गया। इस अवसर पर हरदा सहित 209 शहरों में दैनिक भास्कर की ओर से रक्तदान शिविर आयोजित किए गए। इन शिविरों में कई लोगों ने अपने जीवन में पहली बार रक्तदान किया। सिविल सर्जन डॉ. एच.पी. सिंह ने बताया कि दैनिक भास्कर समूह ने स्वर्गीय रमेश चंद्र अग्रवाल के जन्मदिवस को प्रेरणा दिवस के रूप में मनाते हुए रक्तदान शिविर का आयोजन किया है। उन्होंने कहा कि हरदा जिला अस्पताल में जिले के विभिन्न हिस्सों से रक्तदाताओं ने इस शिविर में भाग लिया। लोगों ने रक्तदान कियाइस अवसर पर दैनिक भास्कर के ब्यूरो चीफ पवन तिवारी ने रक्तदाताओं को प्रोत्साहित करने के लिए आभार पत्र प्रदान किए। रक्तदान शिविर का विधिवत उद्घाटन किया गया, जिसके बाद रक्तदाताओं ने उत्साहपूर्वक रक्तदान किया। 30 नवंबर को मनाए जाने वाले प्रेरणा दिवस पर देशभर में आयोजित इन शिविरों से एकत्रित रक्त को सरकारी ब्लड बैंकों को दान किया जाएगा, ताकि जरूरतमंद मरीजों को तत्काल लाभ मिल सके। रक्तदाताओं ने इस पहल पर खुशी व्यक्त करते हुए कहा कि उनका रक्त किसी जरूरतमंद के काम आएगा। प्रतियोगी परीक्षा की तैयारी कर रहे तुषार सेन ने दैनिक भास्कर समूह के समाज हितैषी कार्यों की सराहना की। उन्होंने कहा, जब किसी अपने का जीवन खतरे में हो, तब रक्त की महत्ता समझ में आती है। आज हमारा रक्तदान किसी जरूरतमंद के जीवन को बचाने में सहायक होगा। रक्त के लिए कभी किसी का जीवन समाप्त न हो, इसकी जिम्मेदारी हम सब पर है। एक अन्य रक्तदाता आनंद ने कहा कि रक्तदान महादान कहलाता है, क्योंकि यह मुसीबत में किसी के काम आता है और एक अनजान से खून का रिश्ता बना देता है। इस अवसर पर संवाददाता लोकेश जाट, प्रसार प्रमुख पवन गौर, मार्केटिंग विभाग से देवेंद्र राजपूत और भगवान सहित अन्य लोग उपस्थित रहे। देखें रक्तदान शिविर की तस्वीरें
शाजापुर की चीलर डैम से खेतों तक पानी पहुंचाने वाली दोनों मुख्य नहरें इस साल अनुपयोगी साबित हो रही हैं। कम वर्षा और डैम में पर्याप्त जल संग्रहण न होने के कारण किसानों को इस बार नहरों से एक बूंद पानी भी नहीं मिल पाएगा। शहर के बीच से गुजरने वाली ये नहरें अब सूखकर नाले में तब्दील हो गई हैं। 21.5 किलोमीटर लंबी ये नहरें अब गंदगी, बदबू और मच्छरों का बड़ा कारण बन चुकी हैं। वर्षों से सफाई न होने और पानी का प्रवाह बंद रहने के कारण कई स्थानों पर कचरा, सड़ा हुआ पानी और झाड़ियां जमा हो गई हैं। आदर्श कॉलोनी, ज्योति नगर और नवीन नगर सहित कई क्षेत्रों में नहरों के किनारे कचरे के ढेर लगे हैं। कई इलाकों में घरों की नालियों का गंदा पानी सीधे नहर में छोड़ा जा रहा है। रहवासियों का कहना है कि उचित निकासी व्यवस्था न होने के कारण वे ऐसा करने को मजबूर हैं, जिससे आसपास रहना मुश्किल हो गया है। जेसीबी से सफाई बेअसर, स्थायी समाधान के कार्रवाई नहीं पूर्व में नगर पालिका की ओर से जेसीबी से सफाई कराई गई थी, लेकिन गंदगी के स्रोत बंद न होने के कारण स्थिति फिर वैसी ही हो गई। नगर पालिका अध्यक्ष ने स्थायी समाधान की बात कही थी, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है। 23 फीट के चीलर डैम सिर्फ 13.5 फीट भरा उल्लेखनीय है कि 1971-72 में करोड़ों रुपए की लागत से बनी इन नहरों का उद्देश्य लगभग 4500 हेक्टेयर क्षेत्र में सिंचाई और शहर को पेयजल आपूर्ति करना था। इस वर्ष 1 जून से 30 सितंबर तक केवल 650 मिमी वर्षा दर्ज की गई, जबकि सामान्य औसत 987.7 मिमी है। इसके परिणामस्वरूप, चीलर डैम केवल 13.5 फीट ही भर पाया, जबकि इसकी आवश्यकता 23 फीट है। सिंचाई विभाग के एसडीओ अंकित पाटीदार ने बताया कि कम वर्षा के कारण चीलर डैम में पानी का स्तर 13.5 फीट ही है। जल उपयोगिता समिति की बैठक में यह निर्णय लिया गया है कि किसानों को नहरों के माध्यम से इस बार पानी नहीं दिया जाएगा। इसी वजह से नहरों की सफाई भी नहीं की गई है, क्योंकि हर साल पानी छोड़ने से पहले नगर पालिका और सिंचाई विभाग मिलकर सफाई करते हैं।
रायपुर के आरंग थाना पुलिस ने जिला बदर हुए एक आरोपी को हिरासत में लिया है। आरोपी को कोर्ट ने 15 दिन पहले जिले से बाहर जाने का आदेश दिया था। आरोपी वापस अपने इलाके में पहुंचकर दबंगई कर रहा था। इस बात की भनक पुलिस को लग गई। फिलहाल आरोपी के खिलाफ छत्तीसगढ़ राज्य सुरक्षा एक्ट के अंतर्गत कार्रवाई की जा रही है। आरंग का रहने वाला आरोपी गिरधारी पटेल (32 वर्ष) को कोर्ट ने 10 नवंबर 2025 को जिला बाजार का आदेश दिया था। जिसमें आरोपी 3 महीने तक रायपुर और अन्य आसपास के जिले दुर्ग, धमतरी, महासमुंद और बलौदाबाजार जिलों की सीमाओं में एंट्री नहीं कर सकता था। आदेश की प्रति आरोपी को 12 नवंबर को तामिल की गई थी। पुलिस पेट्रोलिंग को वह आरोपी को आरंग क्षेत्र में घूमते हुए पाया गया। आरोपी से शहर में प्रवेश करने संबंधी वैध दस्तावेज प्रस्तुत करने को कहा गया, परंतु वह कोई प्रमाण नहीं दे सका। पुलिस ने लिया एक्शन पुलिस के अनुसार जिला दंडाधिकारी ने आरोपी को 10 नवंबर 2025 से सात दिनों के अंदर जिले की सीमा से बाहर जाने तथा 9 फरवरी 2026 तक बिना सक्षम न्यायालय की अनुमति के प्रवेश न करने का निर्देश दिया गया था। लेकिन आरोपी ने आदेश की अवहेलना कर जनता के बीच प्रभाव बनाने का प्रयास पाया गया। इस पर पुलिस ने आरोपी के खिलाफ धारा 223 बीएनएस एवं छत्तीसगढ़ राज्य सुरक्षा अधिनियम 1990 की धारा 15 के तहत अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना प्रारंभ की है। बदमाश गिरधारी पटेल (32 साल) निवासी आजाद चौक थाना आरंग जिला रायपुर के खिलाफ थाना में गाली-गलौज, मारपीट, चाकू दिखाकर डराना धमकाना, जान से मारने की धमकी देने संबंधी कई आपराधिक प्रकरण दर्ज है।
अलीम बेग खेलो इंडिया में तकनीकी अधिकारी नियुक्त:प्रतियोगिता 1 से 3 दिसंबर तक अजमेर में होगी आयोजित
झालावाड़ के शारीरिक शिक्षक डॉ. अलीम बेग को राजस्थान में पहली बार आयोजित होने वाले 5वें खेलो इंडिया यूनिवर्सिटी खेल 2025 के लिए खो-खो खेल में तकनीकी अधिकारी नियुक्त किया गया है। यह नियुक्ति प्रारंभिक शिक्षा निदेशालय, बीकानेर, राजस्थान द्वारा की गई है। राजस्थान खो-खो संघ के अध्यक्ष शिवराज सिंह पड़ाला और सचिव डॉ. सैय्यद असगर अली ने बताया कि यह प्रतियोगिता 1 से 3 दिसंबर तक अजमेर के पटेल स्टेडियम में आयोजित की जाएगी। डॉ. अलीम बेग खो-खो और कबड्डी खेल के राष्ट्रीय निर्णायक हैं। उन्होंने शिक्षा विभाग की विभिन्न प्रतियोगिताओं में निर्णायक और चयन समिति सदस्य के रूप में कार्य किया है। इसके अतिरिक्त उन्होंने कई राष्ट्रीय और अंतर-विश्वविद्यालयी खेल प्रतियोगिताओं में निर्णायक की सफल भूमिका निभाई है। डॉ. बेग की इस उपलब्धि पर शिक्षा विभाग, खेल विभाग, खेल संघों सहित जिला खेल अधिकारी कृपा शंकर शर्मा, जिला ओलिंपिक संघ के अध्यक्ष महेंद्र कुमार अग्रवाल, कोषाध्यक्ष विनोद कुमार खरनीवाल, डिप्टी फिजिकल शिक्षा विभाग जयपाल सिंह यादव, शारीरिक शिक्षक संघ के जिला अध्यक्ष बनवारीलाल पड़िहार और सचिव मुकुट बिहारी शर्मा सहित कई खेल प्रेमियों ने हर्ष व्यक्त किया है।
राजनांदगांव में अंतरराज्यीय चेकपोस्ट पर अवैध धान के परिवहन को रोकने के लिए कलेक्टर जितेंद्र यादव ने शुक्रवार सुबह 4 बजे निरीक्षण किया। जिले में अब तक कुल 111 प्रकरणों में 4 करोड़ 67 लाख 6 हजार 646 रुपए मूल्य का 15066.66 क्विंटल (37667 बोरा) अवैध धान और 7 वाहन जब्त किए गए हैं। कलेक्टर ने डोंगरगढ़ विकासखंड के बोरतलाव स्थित अंतरराज्यीय चेकपोस्ट का निरीक्षण किया। उन्होंने ड्यूटी पर तैनात कर्मचारियों को निर्देश दिए कि वे अन्य राज्यों से आने वाले सभी वाहनों की गहनता से जांच करें और उनका रिकॉर्ड रजिस्टर में दर्ज करें। कलेक्टर ने अवैध धान परिवहन की निगरानी और कार्रवाई को निरंतर जारी रखने पर जोर दिया। एसडीएम डोंगरगढ़ एम भार्गव को चेकपोस्ट पर सीसीटीवी कैमरे लगाने के निर्देश भी दिए गए। जिले में बाहरी और अवैध धान के परिवहन और बिक्री को रोकने के लिए कोचियों और बिचौलियों पर कड़ी कार्रवाई की जा रही है। अवैध धान पर सख्त कार्रवाई के निर्देश जारी अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि यदि अवैध धान की बिक्री की पुनरावृत्ति होती है या कोई इसमें संलिप्त पाया जाता है, तो उसके खिलाफ केस दर्ज किए जाएं। जिले में 1500 मंडी अनुज्ञप्ति धारियों को सूचीबद्ध किया गया है। अफसरों को अवैध रूप से भंडारित धान जब्त करने और सख्त कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए हैं। 10 मामलों में 12.48 लाख का अवैध धान जब्त ऐसे में राजस्व, खाद्य और मंडी विभाग के संयुक्त दल ने हाल ही में कुल 10 प्रकरणों में 12 लाख 48 हजार 680 रुपए का 402.80 क्विंटल (1007 बोरा) अवैध धान जब्त किया। खरीफ विपणन वर्ष 2025-26 में अब तक हुई कुल जब्तियों में से, डोंगरगढ़ अनुविभाग में 3 मामलों में 1 लाख 48 हजार 800 रुपए का 48 क्विंटल अवैध धान और 2 वाहन जब्त किए गए हैं। इसी तरह डोंगरगांव अनुविभाग में कुल 34 मामलों में 1 करोड़ 9 लाख 29 हजार 980 रुपए का 3525.80 क्विंटल (8815 बोरा) अवैध धान और 3 वाहन जब्त किए गए हैं।
टोंक में बदला मौसम, बादल भी छाए:बीसलपुर बांध से 129 दिन से छोड़ा जा रहा है पानी; सर्दी का असर कम हुआ
जिले में शनिवार को मौसम बदल गया है। मौसम विभाग की चेतावनी के अनुसार सुबह से ही हल्के बादल छाए दिखाई दिए है। हालांकि अभी बारिश होने के आसार कम है। लेकिन हल्के बादल छाने से बूंदाबांदी होने के आसार है। शनिवार को सर्दी का असर बीते चार पांच दिन के मुकाबले थोड़ा कम महसूस हुआ। चार - पांच दिन से ठंडक बढ़ी हुई थी। शुक्रवार रात से ही हल्के बादल छाने से शनिवार सुबह के समय हवा की गति भी कम रही। वहीं मौसम में गलन भी पहले के मुकाबले कम महसूस हुई। हालांकि बादलों के चलते सूर्य कम ही दिखाईं दिया। इससे हवा की रफ्तार भी कम रही। इससे लोगों को अन्य दिनों की तरह आज सर्दी का अहसास पहले के मुकाबले थोड़ा कम महसूस हुआ। इससे अधिकतम तापमान भी आज 24 घंटे में दो डिग्री सेल्सियस बढ़कर 26 डिग्री सेल्सियस रहने के आसार हैं। जबकि न्यूनतम तापमान भी 24 घंटे में दो डिग्री सेल्सियस बढ़कर 14 डिग्री सेल्सियस रहा। इससे लोगों को बहुत ज्यादा सर्दी का अहसास भी नहीं हुआ। बीसलपुर बांध के गेट अब भी खुले बीसलपुर बांध के गेट शनिवार को 129 दिन से खुल हुए है। हालांकि 11 दिन से बीसलपुर बांध से बनास नदी में की जा रही पानी की निकासी स्थिर हैं। गेट नंबर 11 को .10 मीटर खोलकर प्रति सेकंड 601 क्यूसेक पानी की निकासी की जा रही है। इस सीजन में अब तक बांध से 140 टी एम सी से ज्यादा पानी बनास नदी में छोड़ा जा चुका है। इस व्यर्थ बहे पानी से बीसलपुर बांध तीन बार से ज्यादा फुल भर जाता है और अभी भी पानी निकासी जारी हैं। अभी बांध में बारिश नहीं हुई तो भी कुछ दिन और बांध का यह गेट खुला रहेगा। इस सीजन में बांध का एक गेट 24 जुलाई को खोला गया था। बारिश का दौर थमे काफी दिन हो गए,लेकिन आगे से बांध में धीमी गति से पानी की आवक बनी हुई हैं। ऐसे यह एक गेट खोल रखा है। बीसलपुर बांध परियोजना के XEN मनीष बंसल, AEN दिनेश बैरवा ने बताया कि अभी बांध फुल भराव क्षमता 315.50 आर एल मीटर तक भरा हुआ है। पानी की आवक के हिसाब से बांध से पानी की निकासी को कम ज्यादा किया जाएगा ।
बुरहानपुर जिले के ग्राम बिरोदा में शुक्रवार देर रात अज्ञात लोगों ने एक खेत में बने शिव मंदिर में तोड़फोड़ कर दी। शनिवार सुबह जब महिलाएं पूजा करने पहुंचीं, तब उन्हें घटना का पता चला। असामाजिक तत्वों ने शिवलिंग, कलश और अन्य संरचनाओं को नुकसान पहुंचाया। बताया जा रहा है कि आसपास के कुछ खेतों में भी तोड़फोड़ की गई है। इस घटना से गांव में आक्रोश फैल गया है। भारी पुलिस बल गांव पहुंचा घटना की जानकारी मिलते ही एडीएम वीर सिंह चौहान, सीएसपी गौरव पाटिल और पुलिस टीम मौके पर पहुंची। गांव में शांति बनाए रखने के लिए पुलिस बल तैनात किया गया है। पुलिस ने फिंगरप्रिंट टीम, साइबर टीम और डॉग स्क्वायड को भी जांच के लिए बुलाया है। ग्रामीणों ने कड़ी कार्रवाई की मांग की गांव के निवासी उमाकांत चौधरी ने बताया कि रात 12 बजे के बाद यह वारदात हुई। असामाजिक तत्वों ने शिवलिंग तोड़कर सामग्री बाहर फेंक दी। उन्होंने कहा कि गांव में जल्द ही 24 कुंडी महायज्ञ होना है, और कुछ लोग इसे रोकना चाहते हैं। ग्रामीणों ने दोषियों पर कड़ा कदम उठाने की मांग की है। प्रशासन का कहना है कि दोषी जल्द पकड़े जाएंगे और सख्त कार्रवाई होगी।
पन्ना जिले के गुन्नौर थाना क्षेत्र में पति से मामूली विवाद के बाद तीन बच्चों की मां ने जहरीला पदार्थ खा लिया। इलाज के दौरान महिला की जिला अस्पताल में मौत हो गई। पुलिस ने शव का पंचनामा कर पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया है। मृतका की पहचान गुन्नौर निवासी राखी रैकवार (24) के रूप में हुई है। उनके पति लल्लू रैकवार ने बताया कि उनकी शादी करीब आठ साल पहले हुई थी। उनके तीन बच्चे हैं, जिनमें छह वर्षीय रक्षा रैकवार, चार वर्षीय काव्या रैकवार और दो वर्षीय कृष्णा रैकवार शामिल हैं। बच्चों को घर पर अकेला छोड़ने को लेकर विवाद पति के अनुसार शुक्रवार को सुबह करीब 11 बजे पत्नी बच्चों को घर में अकेला छोड़कर खेत में चना की भाजी काटने गई थीं। दोपहर लगभग 3 बजे जब वह घर लौटीं तो बच्चों को अकेला छोड़ने को लेकर आपत्ति जताई, जिस पर दोनों के बीच कहासुनी हो गई। विवाद के कुछ देर बाद पति अपने काम पर चले गए। बाद में बड़ी बेटी रक्षा ने उन्हें फोन कर बताया कि मां ने सिंघाड़ा वाली दवाई पी ली है और उनकी हालत बिगड़ रही है। सूचना मिलते ही पत्नी को गुन्नौर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले गया। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में प्राथमिक उपचार के बाद डॉक्टरों ने पत्नी की गंभीर हालत को देखते हुए जिला अस्पताल रेफर कर दिया। जिला अस्पताल में इलाज के दौरान दम तोड़ दिया। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
ग्वालियर हाईकोर्ट की एकल पीठ ने पिस्टल या रिवॉल्वर लाइसेंस जारी करने की मांग को खारिज कर दिया है। कोर्ट ने स्पष्ट किया कि राज्य सरकार की 2010 की आर्म्स पॉलिसी के तहत केवल उन्हीं व्यक्तियों को लाइसेंस दिया जा सकता है, जिनके जीवन को वास्तविक, प्रमाणित और गंभीर खतरा हो। ग्वालियर निवासी कुलदीप थापक ने आत्मरक्षा के लिए हथियार लाइसेंस की मांग की थी। उन्होंने 2015 में लाइसेंस अस्वीकार करने के आदेश को चुनौती देते हुए यह याचिका दायर की थी। हालांकि, न्यायालय ने उनकी दलीलों को स्वीकार नहीं किया। न्यायालय ने अपने फैसले में कहा कि रिकॉर्ड में ऐसा कोई तथ्य मौजूद नहीं है, जिससे यह साबित हो कि याचिकाकर्ता को किसी व्यक्ति या समूह से वास्तविक खतरा है। कोर्ट ने जोर दिया कि लाइसेंस प्रदान करना पूरी तरह से प्रशासनिक विवेक का मामला है, और अदालत इस विवेक का स्थान नहीं ले सकती। याचिकाकर्ता ने इससे पहले 2010 में भी लाइसेंस के लिए आवेदन किया था, जिसे 'थ्रेट परसेप्शन' न होने का हवाला देते हुए राज्य शासन ने खारिज कर दिया था। उस आदेश को 2011 में हाईकोर्ट ने रद्द कर दोबारा सुनवाई का निर्देश दिया था। नई सुनवाई के बाद 24 फरवरी 2015 को उनका लाइसेंस आवेदन फिर से अस्वीकार कर दिया गया था। वर्तमान याचिका इसी 24 फरवरी 2015 के आदेश के खिलाफ दायर की गई थी। कोर्ट ने यह भी स्पष्ट किया कि याचिकाकर्ता ऐसा कोई प्रमाण प्रस्तुत नहीं कर सके जिससे उनके जीवन पर खतरे की पुष्टि हो।
लखनऊ में दैनिक भास्कर एप का प्रेरणा उत्सव:रक्तदान शिविर लगाया, लोहिया अस्पताल को भेंट की व्हीलचेयर
लखनऊ में दैनिक भास्कर न्यूज एप की तरफ से 29 नवंबर को प्रेरणा उत्सव मनाया गया। दैनिक भास्कर ग्रुप के चेयरमैन दिवंगत रमेशचंद्र अग्रवाल के 81वें जन्मदिवस पर आयोजित कार्यक्रम में लोहिया अस्पताल में रक्तदान शिविर लगाया गया। इस शिविर में सामाजिक संस्था के साथ में शहर के गणमान्य लोगों ने ब्लड डोनेट किया। ग्रुप की तरफ से अस्पताल को 10 व्हीलचेयर भी भेंट की गई। कार्यक्रम का उद्घाटन जलशक्ति मंत्री स्वतंत्र देव सिंह ने किया। मौके पर लोहिया संस्थान के निदेशक डॉक्टर सीएम सिंह, सीएमस डॉक्टर विक्रम सिंह और कॉर्डियोलॉजी विभाग के हेड डॉक्टर भुवन चंद्र तिवारी भी मौजूद रहे। स्वतंत्र देव सिंह बोले- पुण्य का काम कर रहा दैनिक भास्कर उत्तर प्रदेश के जलशक्ति मंत्री ने स्वतंत्र देव सिंह ने कहा कि दैनिक भास्कर न्यूज एप की यह पहल सराहनीय है। समाज में जागरूकता फैलाने के साथ में संस्थान मरीजों की मदद के लिए आगे आकर व्हीलचेयर दान दे रहा है। स्व. रमेशचंद्र अग्रवाल के 81वें जन्मदिवस पर टीम पुण्य का काम कर रही है। इसके लिए सभी पत्रकार और संस्थान बधाई के पात्र हैं। सीएम योगी आदित्यनाथ की तरफ से भी आप सभी को शुभकामनाएं। समाज और देशहित को सर्वोपरि रखने की सोच दैनिक भास्कर ग्रुप के चेयरमैन स्व. रमेशचंद्र अग्रवाल के 81वें जन्म दिवस को इस वर्ष प्रेरणा उत्सव के रूप में मनाया जा रहा है। वह जीवनभर सामाजिक सरोकार और जनसेवा के लिए समर्पित रहे। समाज और देशहित को सर्वोपरि रखने की उनकी सोच आज भी भास्कर परिवार का मार्गदर्शन करती है। उनके आदर्शों को आगे बढ़ाते हुए भास्कर ग्रुप ने यह आयोजन किया है, ताकि जरूरतमंद लोगों की मदद हो सके और समाज को जागरूक किया जा सके।
भोपाल के जेपी नगर इलाके में शनिवार को बड़ा हादसा हो गया। करीब 15 फीट ऊंचाई पर फ्लेक्स लगा रहे एक युवक को बिजली करंट का झटका लगा और वह नीचे जमीन पर आ गया। करंट लगने से वह झुलस गया। उसे तत्काल अस्पताल ले जाया गया। घटना शनिवार दोपहर साढ़े 12 बजे की है। जेपी नगर में बिजली कंपनी ऑफिस के सामने सड़क किनारे पोल पर एक युवक फ्लेक्स लगा रहा था। इसी पोल के ऊपर से हाईटेंशन लाइन भी गुजर रही है। तभी युवक हाईटेंशन लाइन की चपेट में आ गया। तस्वीरों में देखिए अफरा-तफरी... कुछ देर तक पोल पर ही तड़पता रहा, फिर नीचे गिराबताया जा रहा है कि युवक लोहे के फ्रेम पर फ्लेक्स लगा रहा था। तभी फ्रेम हाईटेंशन लाइन के संपर्क में आ गया और युवक को तेज करंट लग गया। इससे वह कुछ देर तक फ्रेम के बीच में ही तड़पता रहा। इसके बाद नीचे गिर गया। इलाके में अफरा-तफरी मचीयुवक को करंट लगने के बाद इलाके में अफरा-तफरी मच गई। मुख्य सड़क पर जाम की स्थिति भी बन गई। तुरंत युवक को ऑटो के जरिए अस्पताल ले जाया गया। जहां इलाज किया जा रहा है।
दिल्ली ब्लास्ट को अंजाम देने वाले आतंकी उमर के तार हल्द्वानी से जुड़े हैं। सूत्रों के अनुसार उमर के मोबाइल फोन की कॉल डिटेल्स खंगालते हुए दिल्ली पुलिस की टीम बीती रात करीब ढाई बजे हल्द्वानी के बनभूलपुरा में पहुंची और बिलाली मस्जिद के इमाम मौलाना हासिम को पकड़ अपने साथ दिल्ली ले गई। देर रात मुस्लिम बाहुल क्षेत्र में की गई इस कार्रवाई के बाद तनाव और माहौल बना रहा, जिसके बाद मस्जिद के पास पुलिस के जवान तैनात कर दिए गए हैं, इसके साथ ही पूरे बनभूलपुरा एरिया में भी चेकिंग की जा रही है, हर आने जाने वाले वाहन की सघन तलाशी की जा रही है। रात को ही एसपी क्राइम जगदीश चंद्रा और सीओ भवाली अमित सैनी, सीओ रामनगर सुमित कुमार पांडे और कई थानों की पुलिस मौके पर पहुंची थी। जिसके बाद पुलिस ने सुबह मस्जिद और इमाम के आवास के आसपास सुरक्षा बढ़ा दी है। पुलिस की चेकिंग के PHOTOS देखें.... मस्जिद में बच्चों को शिक्षा देता था इमाम मौलाना उत्तर प्रदेश रामपुर जिले के टांडा दड़ियाल का रहने वाला है जो पिछले तीन-चार सालों से यहां पर इमाम के तौर पर रह रहा था। वह मस्जिद के पास के आवासीय कमरे में अपनी पत्नी और दो बच्चों के साथ रह रहा है। बताया जा रहा है कि इमाम मस्जिद में बच्चों को पढ़ाता था। स्थानीय लोगों के मुताबिक इमाम सामाजिक कार्यों से दूर रहता था। फरीदाबाद का असिस्टेंट प्रोफेसर था उमर डॉ. मोहम्मद उमर नबी फरीदाबाद की अल-फलाह यूनिवर्सिटी में मेडिसिन विभाग के असिस्टेंट प्रोफेसर था, लेकिन उसने 10 नवंबर को दिल्ली लाल किले के सामने कार बम विस्फोट जैसी आतंकी घटना को अंजाम दिया। इस हमले में 13 लोग मारे गए और कई घायल हुए। हमले की योजना में उसके साथी आमिर राशिद अली और अन्य शामिल थे। 9 नवंबर की रात उसने अपनी i20 कार लेकर एटीएम और टोल प्लाजा से होते हुए दिल्ली की ओर रुख किया और 10 नवंबर को आत्मघाती हमला कर दिया।
एमसीबी जिले में मतदाता सूची डिजिटलाइजेशन कार्य में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले बीएलओ को सम्मानित किया गया है। कलेक्टर डी. राहुल वेंकट ने आज कलेक्टर कार्यालय में प्रशस्ति पत्र प्रदान कर इन बीएलओ को सम्मानित किया। यह सम्मान विशेष गहन पुनरीक्षण 2025-26 के अंतर्गत 500 से अधिक मतदाता वाले मतदान केंद्रों पर 90 प्रतिशत से अधिक डिजिटलाइजेशन प्रविष्टि सुनिश्चित करने के लिए दिया गया। सम्मानित बीएलओ में विधानसभा क्षेत्र क्रमांक 01 से मतदान केंद्र 268 नौढिया की कमलेश्वरी, मतदान केंद्र 255 हर्रा की जमुनादेवी राय, मतदान केंद्र 307 न्यू लेदरी के रवि कुमार पटेल, मतदान केंद्र मोरगा की विमला गोड़ और मतदान केंद्र 305 न्यू लेदरी-1 के योगेश कुमार जायसवाल शामिल हैं। इन्हें भी किया गया सम्मानित इसी प्रकार, विधानसभा क्षेत्र क्रमांक 02 से मतदान केंद्र 93 कोड़ा के तेजराम साहू, मतदान केंद्र 134 रतनपुर के चौथ कुमार पटेल, मतदान केंद्र 152 चिरमिरी कॉलरी (बड़ाबाजार-8) की उमा रजक, मतदान केंद्र 39 डोमनहिल की रूक्सार खातून, मतदान केंद्र 148 चिरमिरी कॉलरी (छोटाबाजार-4) की सीमा नामदेव को सम्मानित किया गया। इसके अलावा मतदान केंद्र 155 चिरमिरी कॉलरी (छोटाबाजार-11) के तिरथ राम साहू, मतदान केंद्र 45 पोंड्रीहील (हल्दीबाड़ी-3) के चन्द्रशेखर कश्यप, मतदान केंद्र 50 पोंड्रीहील (हल्दीबाड़ी-8) के राजकुमार, मतदान केंद्र 138 वेस्ट चिरमिरी-1 के रमाकांतधर द्विवेदी और मतदान केंद्र 60 कोरिया ब्लॉक कॉलरी-3 की ममता यादव को प्रशस्ति पत्र प्रदान किया गया। निर्वाचन कार्य राष्ट्र निर्माण का महत्वपूर्ण स्तंभ- कलेक्टर कलेक्टर कहा कि निर्वाचन कार्य राष्ट्र निर्माण का एक महत्वपूर्ण स्तंभ है। उन्होंने जोर दिया कि बीएलओ की ओर से निभाई गई भूमिका लोकतांत्रिक व्यवस्था को मजबूत बनाती है। कलेक्टर ने सभी चयनित बीएलओ को बधाई दी और भविष्य में भी इसी समर्पण और दक्षता के साथ कार्य करने की अपेक्षा व्यक्त की।
जयपुर में ट्रैफिक चालान के नाम पर अवैध तरीके से वसूली मामले में बजाज नगर थाना पुलिस ने शनिवार को कार्रवाई की है। पुलिस ने अवैध वसूली में ट्रैफिक पुलिस के कॉन्स्टेबल सहित तीन जनों को अरेस्ट किया है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से वसूली में यूज ऑनलाइन पेमेंट के स्कैनर को जब्त किया है। पुलिस फिलहाल गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ कर रही है। SHO (बजाज नगर) पूनम चौधरी ने बताया- अवैध वसूली मामले में आरोपी भवानी सिंह पुत्र किशन लाल निवासी बानसूर कोटपूतली बहरोड, वकार अहमद पुत्र अब्दुल लतीफ निवासी मालपुरा टोंक और मोहम्मद मुस्ताक पुत्र मोहम्मद इस्माईल निवासी सांगानेरी गेट लालकोठी को अरेस्ट किया गया है। राजस्थान पुलिस का कॉन्स्टेबल भवानी सिंह जयपुर में ट्रैफिक ब्रांच में लगा हुआ है। वकार अहमद होमगार्ड का जवान है, जबकि मोहम्मद मुस्ताक त्रिवेणी चौराहा के पास पंक्चर की शॉप करता है। जांच में सामने आया है कि पुलिस कॉन्स्टेबल भवानी सिंह के साथ ही होमगार्ड जवान वकार अहमद त्रिवेणी चौराहा पर ड्यूटी पर तैनात थे। ट्रैफिक चालान के नाम पर अवैध वसूली के लिए मोहम्मद मुस्ताक की शॉप पर उन्होंने ऑनलाइन पेमेंट का खुद का स्कैनर लगा रखा था। पुलिस कॉन्स्टेबल के बैंक अकाउंट के स्कैनर पर अवैध वसूली की रकम जाती थी। ऐसे करते थे वसूलीट्रैफिक नियमों को तोड़ने वालों पर कार्रवाई करते हुए पुलिस कॉन्स्टेबल भवानी सिंह और होमगार्ड वकार अहमद पकड़ते थे। नियमों का उल्लंघन करना बताकर चालान के तौर पर महंगा जुर्माना बताते। चालान के डर से छोड़ने की गुहार लगाने वालों से एक रकम तय कर पंक्चर शॉप पर रखे स्कैनर पर डालने को कहते। रुपए डालने के बाद बिना चालान काटे उसे छोड़ देते थे। पुलिस ने पंक्चर शॉप पर मिले पुलिस कॉन्स्टेबल भवानी सिंह के बैंक अकाउंट के स्कैनर को भी जब्त कर लिया है। पुलिस गिरफ्तार तीनों आरोपियों से पूछताछ कर अवैध वसूली के खेल के बारे में जानकारी जुटा रही है। ये खबर भी पढ़ें दुकानों के स्कैनर्स से अवैध वसूली कर रहा था होमगार्ड:मेडिकल शॉप, पान, चाय और पंचर शॉप से कर रखी थी साठ-गांठ, पुलिस ने पकड़ा जयपुर में ट्रैफिक पुलिस के साथ काम करने वाले होमगार्ड जवान का अवैध तरीके से वसूली करने का मामला सामने आया है। इसमें वो आसपास की दुकानों के ऑनलाइन पेमेंट के स्कैनर यूज कर अवैध वसूली कर रहे हैं। (पढ़ें पूरी खबर)
फाजिल्का जिले के अबोहर के बुर्जमुहार गांव में एक युवक ने पिता की बीमारी से परेशान होकर एक युवक ने सुसाइड कर लिया। मृतक दो बच्चों का पिता था। सदर पुलिस ने शव को अस्पताल की मोर्चरी में रखवाकर पोस्टमॉर्टम करवा कर परिजनों को सौंप दिया है। बुर्जमुहार निवासी 27 वर्षीय कुशलदीप पुत्र जगदीश कुमार के परिजनों के अनुसार, कुशलदीप का परिवार मूल रूप से हरियाणा के हिसार का रहने वाला है। करीब तीन साल पहले वे बुर्जमुहार गांव में आकर बस गए थे और यहां जमीन खरीदकर खेती करने लगे थे। कुशलदीप के एक बेटा और एक बेटी है। एक साल से पिता चल रहे थे बीमार जानकारी के अनुसार, कुशलदीप के पिता को करीब एक साल पहले ब्रेन हेमरेज हुआ था और वे तभी से बीमार चल रहे हैं। इस कारण कुशलदीप मानसिक रूप से परेशान रहने लगा था। आज दोपहर जब परिवार के अन्य सदस्य आंगन में थे, तब कुशलदीप ने कमरे में जाकर फांसी लगा ली। जब परिजन कमरे में पहुंचे, तो उसे शव फंदे से लटका देखा। उसे तुरंत नीचे उतारा गया, लेकिन तब तक उसकी मौत हो चुकी थी। घटना की सूचना मिलने पर सदर पुलिस मौके पर पहुंची। एएसआई गुरमीत सिंह ने मृतक के परिजनों के बयानों के आधार पर बीएनएस की धारा 194 के तहत कार्रवाई की है। पोस्टमॉर्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया।
खाद्य विभाग ने डूंगरपुर की जिला रसद अधिकारी (डीएसओ) मणि खींची को एपीओ कर दिया है। उन्हें पदस्थापन आदेशों की प्रतीक्षा में खाद्य विभाग मुख्यालय जयपुर में रखा गया है। इसके साथ ही बांसवाड़ा के डीएसओ को डूंगरपुर का अतिरिक्त कार्यभार सौंपा गया है। अतिरिक्त खाद्य आयुक्त पूनम प्रसाद सागर ने मणि खींची को एपीओ करने के आदेश जारी किए हैं। आदेशों में एपीओ का कारण 'प्रशासनिक कारण' बताया गया है। सूत्रों के अनुसार यह कार्रवाई जनजाति गौरव दिवस के अवसर पर मुख्यमंत्री के डूंगरपुर दौरे के दौरान मिली किसी शिकायत के बाद की गई है। हालांकि, आधिकारिक आदेशों में इसका कोई उल्लेख नहीं है। इसी आदेश के तहत बांसवाड़ा के जिला रसद अधिकारी ओमप्रकाश जोतड़ को अगले आदेशों तक डूंगरपुर जिला रसद अधिकारी का अतिरिक्त कार्यभार दिया गया है। अब बांसवाड़ा के डीएसओ ही डूंगरपुर में भी रसद विभाग के खाद्य सामग्री संबंधी कामकाज देखेंगे।
अलवर के रामगढ़ थाना क्षेत्र के डोरी गांव के रहने वाले यूपी पुलिस के जवान श्याम चौधरी का निधन हो गया। कॉन्स्टेबल का मेदांता अस्पताल में इलाज चल रहा था। वे करीब एक महीने से बुखार से पीड़ित थे। आखिर में मेदांता अस्पताल में भर्ती रहे। यूपी पुलिस के मथुरा में बतौर कॉन्स्टेबल तैनात थे। 20 अक्टूबर से उनकी तबीयत खराब चल रही थी। उन्हें लगातार बुखार की शिकायत थी। इसके बाद उन्हें पहले दुर्लभ जी अस्पताल में भर्ती कराया गया, लेकिन वहां बेहतर उपचार नहीं मिलने पर परिजन गुरुग्राम स्थित मेदांता अस्पताल में भर्ती कराया। इलाज के दौरान ही दम तोड़ दिया। मृतक की एक छोटी बेटी है। घर में कमाने वाला कोई दूसरा सदस्य नहीं है। जवान की मौत से परिवार सहित पूरे गांव में शोक है। वहीं, रामगढ़ थाना पुलिस मेदांता से मिले दस्तावेजों के आधार पर पोस्टमॉर्टम की प्रक्रिया शुरू कर जांच में जुटी है।
दैनिक भास्कर चेयरमैन के जन्मदिन पर रक्तदान शिविर:झालावाड़ मेडिकल कॉलेज ब्लड बैंक में आयोजन
दैनिक भास्कर समूह के चेयरमैन स्वर्गीय रमेशचंद्र अग्रवाल का 81वां जन्मदिवस 'प्रेरणा उत्सव' के रूप में मनाया गया। उनकी जनसेवा की सोच को आगे बढ़ाते हुए, भास्कर परिवार ने 29 नवंबर, शनिवार को झालावाड़ मेडिकल कॉलेज के ब्लड बैंक में रक्तदान शिविर का आयोजन किया। झालावाड़ दैनिक भास्कर के सीनियर न्यूज़ एडिटर मनीष शर्मा ने बताया कि झालावाड़ जिले में दो स्थानों पर शिविर आयोजित किए गए। झालावाड़ ब्लड बैंक के अलावा पिड़ावा कस्बे में भी सुबह 9 बजे से शाम 5 बजे तक रक्तदान शिविर चला। देशभर में दैनिक भास्कर समूह द्वारा 210 शहरों में कुल 252 रक्तदान शिविर आयोजित किए जा रहे हैं। इनमें से 14 शिविर 30 नवंबर को आयोजित होंगे। एकत्रित रक्त स्थानीय सरकारी ब्लड बैंकों को दान किया जाएगा, ताकि आपात स्थिति में जरूरतमंदों को तत्काल सहायता मिल सके। रक्तदान शिविर में लोगों ने बढ़-चढ़कर लिया हिस्सा, देखें फोटोज... झालावाड़ ब्लड बैंक में शिविर का शुभारंभ मेडिकल कॉलेज डीन संजय पोरवाल, अस्पताल अधीक्षक अशोक शर्मा, उपाधीक्षक सुमित सिंह, उपनियंत्रक प्रतिभा मीणा और ब्लड बैंक एचओडी ऋषि दीवान ने दीप प्रज्ज्वलित कर किया। शिविर दिनभर जारी रहा। मनीष शर्मा के अनुसार, कुछ रिसर्च बताते हैं कि नियमित रक्तदान करने से खराब कोलेस्ट्रॉल नियंत्रित रहता है और हार्ट अटैक का खतरा भी कम हो जाता है। इस आयोजन में ब्लड बैंक से अमरीन कुरैशी, काउंसलर पुखराज और रक्तकोष फाउंडेशन के जिलाध्यक्ष हेमराज पारेता ने भी सहयोग किया। भास्कर परिवार द्वारा आयोजित इस रक्तदान शिविर की शुरुआत कवि शैलेंद्र जैन 'गुनगुना' और शहर के नजदीक ग्रामीण झिरनिया निवासी विनोद ने रक्तदान कर की।
उमरिया की बैगा कला ने मुंबई में आयोजित प्रतिष्ठित 'आर्ट मुंबई शो' में एक बार फिर अपनी पहचान स्थापित की है। पद्मश्री से सम्मानित दिवंगत जोधइया अम्मा और उनके परिवार के सदस्यों की बनाई सभी आठ पेंटिंग इस आयोजन में बिक गईं। बैगा कला को राष्ट्रीय मंच पर खास सम्मान मिला। 77 आर्ट गैलरियों ने लगाए अपने स्टॉल देश भर की 77 आर्ट गैलरियों ने कार्यक्रम में अपने स्टॉल लगाए थे। इनमें उमरिया का 'जन-गण तस्वीर खाना' भी प्रमुख आकर्षणों में से एक रहा। 'जन-गण तस्वीर खाना' द्वारा प्रदर्शित सभी आठ पेंटिंग्स की बिक्री ने स्थानीय कलाकारों में उत्साह भर दिया। हजारों दर्शकों ने इस शो में पारंपरिक और आधुनिक कला का अवलोकन किया। हालांकि, बैगा कला की मौलिकता और रंगों की सरल सुंदरता ने लोगों को विशेष रूप से आकर्षित किया। जोधइया अम्मा की पेंटिंग्स की मांग ने यह साबित कर दिया कि उमरिया की यह कला धरोहर आज भी लोगों के दिलों में जीवित है। निधन के बाद भी जोधइया अम्मा की पेंटिंग्स की लोकप्रियता बरकरार दिवंगत जोधइया अम्मा बैगा कला की एक प्रमुख पहचान थीं। उनके निधन के बाद भी उनकी बनाई पेंटिंग्स की लोकप्रियता बरकरार है। वर्तमान में, उनके परिवार के सदस्य और उनकी बहू 'जन-गण तस्वीर खाना' के माध्यम से इस कला परंपरा को आगे बढ़ा रहे हैं। 'जन-गण तस्वीर खाना' के संचालक निमिष स्वामी ने शनिवार को बताया कि बैगा कला को देश-विदेश में लगातार सराहना मिल रही है। उन्होंने कहा कि स्वर्गीय जोधइया अम्मा के गुरु रहे आशीष स्वामी ने 'जन-गण तस्वीर खाना' के माध्यम से बैगा कला को एक नई पहचान दी थी, और आज यह कला अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी जगह बना रही है।
स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (एसआईआर) में भोपाल अब तक 60% डिजिटाइजेश कर चुका है। यानी, 11.88 लाख वोटर्स के फार्म डिजिटाइज किए जा चुके हैं। जिले की 7 विधानसभा में बैरसिया में आंकड़ा 90 प्रतिशत तक पहुंच चुका है, जबकि भोपाल दक्षिण-पश्चिम सबसे पीछे हैं। ऐसे में कलेक्टर समेत सभी एडीएम, एसडीएम-तहसीलदार भी मैदान संभाले हुए हैं। जिससे बाकी काम अटक गए हैं। खासकर जमीन से जुड़े मामले जैसे- बंटाकन, सीमांकन, नामांतरण जैसे काम नहीं हो रहे हैं। अधिकारियों ने बताया कि सुबह से देर रात तक डिजिटाइजेशन का काम हो रहा है। उसकी मानीटरिंग, बीएलओ की ड्यूटी समेत कई काम में लगे हैं। ऑफिस स्टॉफ भी काम में जुटा है। इसलिए एसडीएम और तहसीलदारों ने अपनी कोर्ट पेशियां आगे बढ़ा दी हैं। निगम से जुड़े काम भी पेंडिंगदूसरी ओर, नगर निगम के इंजीनियर, पटवारी, राजस्व निरीक्षक को भी ड्यूटी पर लगाया गया है। इस कारण जन्म-मृत्यु प्रमाण पत्र में भी देरी हो रही है। जनता से जुड़े 500 मामले आते हैं हर रोजजानकारी के अनुसार, भोपाल में नामांतरण, सीमांकन, फौती नामांतरण, मूल निवासी, जाति प्रमाण पत्र, आय प्रमाण पत्र, ईडब्ल्यूएस सहित करीब 500 से अधिक मामले प्रतिदिन आते हैं। इसके अलावा हर दिन करीब तीन सौ प्रकरणों में तहसीलदार, नायब तहसीलदार सुनवाई करते हैं। एसआईआर ड्यूटी करने की वजह से उन्होंने अधिकांश कोर्ट की पेशियां आगे बढ़ा दी है। सिर्फ वही काम किए जा रहे हैं, जो जरूरी है। दफ्तर आने वालों से कहा जा रहा है कि 4 दिसंबर के बाद ही केस की सुनवाई हो सकेगी। शुरुआत में धीमी, अब रफ्तार पकड़ रहा एसआईआर4 नवंबर से एसआईआर सर्वे शुरू हुआ है। 19 नवंबर तक की स्थिति में भोपाल जिले की स्थिति काफी खराब रही। इस वजह से निर्वाचन आयोग की फटकार भी पड़ी। ऐसे में पूरा प्रशासनिक अमला अब इस काम में जुट गया। इससे सभी फॉर्म बांटे जा चुके हैं, वहीं उन्हें वापस लेकर डिजिटाइजेशन का काम भी 60 प्रतिशत तक पहुंच गया है। बता दें कि सात विधानसभा सीटों में 21 लाख 25 हजार 908 वोटर हैं। इनमें से 21 लाख फॉर्म बांटे जा चुके हैं। 19 नवंबर तक की स्थिति में फॉर्म की वापसी का प्रतिशत 7.37 ही था, लेकिन शनिवार सुबह तक की स्थिति में यह 60 प्रतिशत पहुंच गया है। आंकड़ों के अनुसार, बैरसिया में 90%, भोपाल उत्तर में 61.5%, नरेला में 56%, भोपाल दक्षिण-पश्चिम में 48.5%, भोपाल मध्य में 51.6%, गोविंदपुरा में 50.8% और हुजूर में 63% डिजिटाइजेशन का काम हुआ है। 4 दिसंबर तक पूरा करना है कामउप जिला निर्वाचन अधिकारी भुवन गुप्ता ने बताया कि 4 दिसंबर तक की डेटलाइन है। इससे पहले ही काम पूरा कर लेंगे। कलेक्टर कौशलेंद्र विक्रम सिंह ने बताया कि हर दो घंटे में रिपोर्ट ले रहे हैं। काम जल्दी पूरा करने के लिए यह प्रयास

