Ghazipur News: जेल में मोबाइल और प्रतिबंधित उपकरणों की रोकथाम के लिए रोस्टर बनाकर चेकिंग होगी
To prevent the presence of mobile phones and prohibited items in the jail, inspections will be conducted according to a roster.
Bhadohi News: मोबाइल पर लुभावने संदेशों को अनदेखा करें उपभोक्ता
Consumers should ignore enticing messages on their mobile phones.
दिल्ली के जवाहरलाल नेहरू स्टेडियम में दिलजीत दोसांझ नेअपने लाइव कॉन्सर्ट से युवाओं को झूमने पर मजबूर कर दिया। उनके सुपरहिट गानों पर हजारों प्रशंसक थिरकते नजर आए।
राजस्थान सरकार द्वारा संचालित जन आधार कार्ड राज्य के नागरिकों के लिए सभी सामाजिक सुरक्षा व लोक कल्याणकारी योजनाओं का मुख्य आधार है। सरकार ने परिवार के सभी सदस्यों की पहचान सत्यापित करने और डेटा पारदर्शिता बनाए रखने के लिए जन आधार ई-केवाईसी (Jan Aadhar e-KYC) प्रक्रिया को अनिवार्य किया है। यदि किसी परिवार की ई-केवाईसी अधूरी रहती है, तो राशन वितरण, छात्रवृत्ति, पेंशन, मुफ्त इलाज तथा अन्य सरकारी नकद अंतरण योजनाओं का लाभ रुक सकता है। इस महत्वपूर्ण कार्य के लिए ई-मित्र केंद्र जाने या लंबी लाइनों में लगने की आवश्यकता नहीं है; नागरिक अपने स्मार्टफोन और राजस्थान एसएसओ (SSO) आईडी की मदद से घर बैठे इसे पूरा कर सकते हैं।जन आधार ई-केवाईसी क्या है और यह क्यों अनिवार्य हैजन आधार ई-केवाईसी एक डिजिटल प्रमाणीकरण प्रक्रिया है, जिसके अंतर्गत परिवार के सदस्यों के नाम, जन्मतिथि, लिंग और फोटो का मिलान केंद्रीय पहचान डेटाबेस से किया जाता है। परिवार के मुखिया तथा 5 वर्ष से अधिक उम्र के प्रत्येक सदस्य की ई-केवाईसी करवाना अनिवार्य है। 5 वर्ष से छोटे बच्चों के लिए जन्म प्रमाण पत्र के माध्यम से सत्यापन किया जाता है। एक बार ई-केवाईसी पूरी होने के बाद सदस्य का नाम, जन्मतिथि और जेंडर लॉक हो जाता है, जिससे फर्जीवाड़े की संभावना खत्म हो जाती है। जन आधार कार्ड में किसी भी प्रकार का संशोधन, नए सदस्य को जोड़ना या परिवार विभाजन तभी संभव होता है, जब परिवार की ई-केवाईसी पूरी हो।ई-केवाईसी के लिए जरूरी दस्तावेज और आवश्यक शर्तेंमोबाइल से प्रक्रिया शुरू करने से पहले यह सुनिश्चित कर लें कि परिवार के सभी संबंधित सदस्यों का पहचान पत्र सक्रिय हो और उससे जुड़ा हुआ मोबाइल नंबर चालू स्थिति में हो। प्रमाणीकरण हेतु एक वन-टाइम पासवर्ड (OTP) पंजीकृत मोबाइल नंबर पर भेजा जाता है। यदि किसी सदस्य के पहचान पत्र में मोबाइल नंबर लिंक नहीं है, तो उन्हें बायोमेट्रिक (फिंगरप्रिंट/आईरिस) सत्यापन के लिए नजदीकी ई-मित्र केंद्र पर जाना होगा। इसके अलावा, परिवार की 10-अंकों वाली जन आधार संख्या या 22-अंकों की जन आधार नामांकन रसीद संख्या पास में होनी चाहिए।मोबाइल से SSO पोर्टल के जरिए ई-केवाईसी करने का स्टेप-बाय-स्टेप तरीकाअपने स्मार्टफोन के वेब ब्राउज़र में राजस्थान सिंगल साइन-ऑन की आधिकारिक वेबसाइट (sso.rajasthan.gov.in) खोलें।अपनी SSO ID (डिजिटल आइडेंटिटी), पासवर्ड और स्क्रीन पर दिए गए कैप्चा कोड को दर्ज करके 'Login' करें। यदि आपकी एसएसओ आईडी नहीं बनी है, तो 'Registration' विकल्प से नई आईडी बनाएं।लॉगिन के बाद डैशबोर्ड पर 'Citizen Apps (G2C)' सेक्शन में जाएं और 'Jan Aadhaar' ऐप आइकन पर क्लिक करें।जन आधार डैशबोर्ड खुलने पर 'Enrollment' टैब चुनें और फिर सब-मेन्यू में से 'Family e-KYC' विकल्प पर क्लिक करें।स्क्रीन पर अपनी जन आधार संख्या या रसीद संख्या दर्ज करें और 'खोजें' (Search) बटन दबाएं।परिवार के मुखिया के पंजीकृत मोबाइल नंबर पर एक वेरिफिकेशन ओटीपी आएगा, उसे दर्ज कर सहमति (Consent) को स्वीकार करें।अब स्क्रीन पर परिवार के सभी सदस्यों की सूची प्रदर्शित होगी; जिस सदस्य की ई-केवाईसी बाकी है, उसका चयन करें और 'e-KYC' बटन पर क्लिक करें।सदस्य के पंजीकृत मोबाइल पर प्राप्त ओटीपी को दर्ज करके सत्यापित करें। सत्यापन सफल होते ही सदस्य की जानकारी और फोटो डेटाबेस से स्वतः अपडेट हो जाएगी। इसी प्रकार परिवार के अन्य सदस्यों की प्रक्रिया पूरी करें।ई-केवाईसी स्टेटस चेक करना और महत्वपूर्ण सावधानियांपरिवार के सभी सदस्यों की ई-केवाईसी पूर्ण करने के बाद पोर्टल पर स्टेटस की जांच अवश्य कर लें। उसी Family e-KYC पेज पर सभी सदस्यों के नाम के आगे 'e-KYC Completed' लिखा हुआ प्रदर्शित होना चाहिए। ई-केवाईसी करने से पहले यह जांच लें कि परिवार के पहचान रिकॉर्ड में नाम की स्पेलिंग, जन्मतिथि और जेंडर सही दर्ज हैं, क्योंकि ई-केवाईसी होते ही जन आधार में वही डेटा स्वतः अपडेट हो जाता है। किसी भी प्रकार के ओटीपी को अनजान व्यक्तियों के साथ साझा न करें। सफल ई-केवाईसी के 24 से 48 घंटों के भीतर जन आधार पोर्टल पर डेटा पूरी तरह सिंक हो जाता है और आप नया ई-कार्ड डाउनलोड कर सकते हैं।
देश के गरीब, वंचित और आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों को गंभीर बीमारियों के महंगे इलाज से सुरक्षा देने के लिए केंद्र सरकार की 'आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना' (AB-PMJAY) एक वरदान साबित हुई है। इस योजना के तहत प्रत्येक पात्र परिवार को प्रतिवर्ष ₹5 लाख तक का कैशलेस और निःशुल्क स्वास्थ्य बीमा कवर देश के सभी सूचीबद्ध सरकारी व निजी अस्पतालों में उपलब्ध कराया जाता है। नेशनल हेल्थ अथॉरिटी (NHA) ने इस पूरी प्रक्रिया को आधुनिक डिजिटल प्रणाली से जोड़ दिया है, जिससे अब किसी भी नागरिक को अपना या अपने परिवार का नाम लाभार्थी सूची में देखने के लिए सरकारी दफ्तरों या जनसेवा केंद्रों के चक्कर नहीं लगाने पड़ते। आप अपने स्मार्टफोन के माध्यम से घर बैठे मात्र 2 मिनट में नई आयुष्मान कार्ड लिस्ट में अपना नाम ढूंढ सकते हैं, पात्रता जांच सकते हैं और सीधे कार्ड भी डाउनलोड कर सकते हैं।आयुष्मान भारत योजना 2026 की प्रमुख विशेषताएं और मिलने वाले लाभआयुष्मान भारत योजना के तहत मिलने वाला गोल्डन कार्ड धारक को द्वितीयक (Secondary) और तृतीयक (Tertiary) स्तर के अस्पताल में भर्ती होने पर पूरी तरह कैशलेस उपचार की सुविधा देता है। इस योजना में लगभग 1,900 से अधिक चिकित्सीय प्रक्रियाएं शामिल हैं, जिनमें गंभीर सर्जरी, कैंसर उपचार, हृदय रोग, न्यूरोलॉजी, किडनी प्रत्यारोपण और डायलिसिस जैसी महंगी चिकित्सा प्रक्रियाएं सम्मिलित हैं। भर्ती होने से 3 दिन पहले तक की जांच और डिस्चार्ज होने के 15 दिन बाद तक की दवाइयों व जांचों का खर्च भी योजना के तहत कवर होता है। परिवार के सदस्यों की संख्या या उम्र पर कोई बंदिश नहीं है, यानी पूरे परिवार को सामूहिक रूप से ₹5 लाख का सालाना सुरक्षा चक्र मिलता है। इसके साथ ही, 70 वर्ष या उससे अधिक आयु के सभी वरिष्ठ नागरिकों के लिए 'आयुष्मान वय वंदना' के अंतर्गत अलग से ₹5 लाख का टॉप-अप स्वास्थ्य कवर भी प्रदान किया जा रहा है।आयुष्मान कार्ड लिस्ट में नाम होने के लिए आवश्यक पात्रता शर्तेंआयुष्मान योजना की लाभार्थी सूची का निर्धारण मुख्यतः सामाजिक-आर्थिक जाति जनगणना (SECC 2011) के आंकड़ों और संबंधित राज्यों के राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम (NFSA) राशन कार्ड डेटाबेस के आधार पर किया जाता है। ग्रामीण क्षेत्रों में कच्चे मकानों में रहने वाले परिवार, भूमिहीन मजदूर, अनुसूचित जाति व जनजाति वर्ग के परिवार, और महिला प्रधान परिवार स्वतः इसके दायरे में आते हैं। शहरी क्षेत्रों में रेहड़ी-पटरी विक्रेता, घरेलू कामगार, सफाई कर्मचारी, ऑटो चालक, निर्माण श्रमिक और निम्न आय वर्ग वाले परिवार इसके पात्र हैं। इसके अलावा, जिन परिवारों के पास राज्य सरकार द्वारा जारी वैध अंत्योदय अन्न योजना (AAY) या प्राथमिक गृहस्थी (PHH) राशन कार्ड में छह या उससे अधिक सदस्य दर्ज हैं, उनके नाम भी योजना में तेजी से जोड़े गए हैं। सरकारी सेवा में कार्यरत कर्मचारी, आयकरदाता या बड़े कृषि उपकरण रखने वाले परिवार इस योजना के दायरे से बाहर रखे गए हैं।ऑनलाइन लिस्ट चेक करने के लिए जरूरी दस्तावेज और साधनघर बैठे आयुष्मान कार्ड लिस्ट में अपना नाम खोजने के लिए आपके पास एक सक्रिय इंटरनेट कनेक्शन युक्त मोबाइल फोन या कंप्यूटर होना चाहिए। पहचान सत्यापन के लिए परिवार के मुखिया या सदस्य का 12-अंकों का आधार कार्ड होना आवश्यक है। इसके साथ ही, राशन कार्ड संख्या (Ration Card Number / Family ID) का होना बेहद मददगार रहता है क्योंकि इससे पूरे परिवार का विवरण एक साथ खुल जाता है। आधार से जुड़ा हुआ मोबाइल नंबर चालू स्थिति में होना चाहिए ताकि उस पर आने वाले वन-टाइम पासवर्ड (OTP) को तुरंत दर्ज कर प्रमाणीकरण पूरा किया जा सके। यदि मोबाइल नंबर आधार से लिंक नहीं है, तो भी आप केवल अपने राज्य, जिले और गांव/ब्लॉक का चयन करके पूरे क्षेत्र की समग्र सूची को स्क्रीन पर देख सकते हैं।NHA Beneficiary पोर्टल से ऑनलाइन लिस्ट चेक करने का स्टेप-बाय-स्टेप तरीकासबसे पहले अपने मोबाइल फोन या कंप्यूटर के ब्राउज़र में नेशनल हेल्थ अथॉरिटी के आधिकारिक बेनिफिशियरी पोर्टल (beneficiary.nha.gov.in) पर जाएं।होमपेज के दाईं ओर लॉगिन बॉक्स दिखेगा, वहां 'Beneficiary' विकल्प पर टिक करें।अपना 10-अंकों का कोई भी सक्रिय मोबाइल नंबर दर्ज करें और 'Verify' बटन पर क्लिक करें।आपके मोबाइल पर 6 अंकों का ओटीपी आएगा; उसे भरें और स्क्रीन पर प्रदर्शित कैप्चा कोड डालकर 'Login' करें।लॉगिन होने के बाद एक सर्च डैशबोर्ड खुलेगा, जहां अपनी स्कीम (PMJAY), राज्य (State), सब-स्कीम और अपने जिले (District) का चयन करें।अब 'Search By' के विकल्प में जाएं; यहां आप Family ID, Aadhaar Number, Name या 'Location (Rural/Urban)' में से किसी एक विकल्प को चुन सकते हैं।यदि आप पूरे गांव या वार्ड की लिस्ट देखना चाहते हैं, तो 'Location' चुनकर अपने ब्लॉक और गांव का नाम सेलेक्ट करें और सर्च आइकन पर क्लिक करें।स्क्रीन पर आपके क्षेत्र के सभी पात्र व्यक्तियों की पूरी सूची प्रदर्शित हो जाएगी, जिसमें आप अपना और अपने परिवार के सदस्यों का नाम आसानी से देख सकते हैं।लिस्ट में नाम मिलने के बाद e-KYC और आयुष्मान कार्ड डाउनलोड कैसे करेंजब लिस्ट में आपका नाम दिखाई दे, तो नाम के आगे कार्ड का स्टेटस जांचें। यदि स्टेटस 'Approved' या हरा दिखाई देता है, तो इसका अर्थ है कि आपका कार्ड बन चुका है; आप सीधे बगल में दिए गए डाउनलोड आइकन पर क्लिक करके आधार ओटीपी से वेरिफाई कर अपना आयुष्मान कार्ड पीडीएफ के रूप में डाउनलोड कर सकते हैं। यदि आपके नाम के आगे 'Action' कॉलम में 'Not Generated' या नारंगी रंग का विकल्प दिखता है, तो आपको e-KYC पूरी करनी होगी। उसी विकल्प पर क्लिक करें, आधार नंबर दर्ज कर ओटीपी ऑथेंटिकेशन पूरा करें, अपनी एक लाइव सेल्फी फोटो कैप्चर करके अपलोड करें और सबमिट कर दें। e-KYC सबमिट होते ही कुछ ही समय में आपका कार्ड अप्रूव हो जाएगा और डाउनलोड के लिए उपलब्ध हो जाएगा। इसे प्रिंट करवाकर लेमिनेट करा लें, जो किसी भी आपातकालीन बीमारी में देश के किसी भी मान्यता प्राप्त अस्पताल में मुफ्त इलाज पाने के लिए पूरी तरह वैध है।
सरकारी योजनाओं, छात्रवृत्तियों, आरक्षण और प्रतियोगी परीक्षाओं के फॉर्म भरने के लिए जाति प्रमाण पत्र सबसे अनिवार्य दस्तावेजों में से एक है। बिहार सरकार ने लोक सेवाओं के अधिकार अधिनियम (RTPS) के तहत इस पूरी व्यवस्था को पूरी तरह से डिजिटल और पारदर्शी बना दिया है। अब राज्य के किसी भी नागरिक को जाति प्रमाण पत्र बनवाने के लिए प्रखंड (ब्लॉक) या अंचल कार्यालय की लंबी कतारों में खड़े होने या बिचौलियों के चक्कर लगाने की कतई जरूरत नहीं है। आप अपने स्मार्टफोन से ही सर्विस प्लस (Service Plus) पोर्टल के माध्यम से राजस्व अधिकारी (RO) स्तर का डिजिटल हस्ताक्षरित जाति प्रमाण पत्र निःशुल्क बनवा सकते हैं। यह ऑनलाइन प्रमाण पत्र कानूनी रूप से पूरी तरह मान्य होता है और तय समयसीमा (10 कार्य दिवस) के भीतर बनकर सीधे आपके फोन पर डाउनलोड के लिए उपलब्ध हो जाता है।RTPS पोर्टल से ऑनलाइन जाति प्रमाण पत्र बनवाने के मुख्य लाभबिहार सरकार द्वारा संचालित आरटीपीएस पोर्टल पर ऑनलाइन आवेदन की व्यवस्था शुरू होने से नागरिकों का समय और पैसा दोनों बच रहा है। सबसे बड़ा फायदा यह है कि आवेदन करने से लेकर प्रमाण पत्र डाउनलोड करने तक का सारा काम 100% पेपरलेस और घर बैठे हो जाता है। जारी होने वाले प्रमाण पत्र पर डिजिटल हस्ताक्षर (Digital Signature) और एक विशिष्ट बारकोड/क्यूआर कोड होता है, जिससे किसी भी कार्यालय में इसकी प्रामाणिकता की तत्काल जांच की जा सकती है। इस प्रमाण पत्र की कोई तय समाप्ति तिथि नहीं होती, यानी जब तक नियमों में कोई बदलाव न हो, यह जीवनभर वैध रहता है। इसके अतिरिक्त, आवेदन की हर स्थिति (Status) की जानकारी आवेदक को पंजीकृत मोबाइल नंबर पर एसएमएस (SMS) और ईमेल के माध्यम से लगातार मिलती रहती है।आवेदन से पहले तैयार रखें ये जरूरी दस्तावेज और पात्रता शर्तेंऑनलाइन आवेदन की प्रक्रिया शुरू करने से पहले कुछ जरूरी दस्तावेजों की डिजिटल कॉपी अपने मोबाइल में सुरक्षित रख लें ताकि फॉर्म भरते समय कोई रुकावट न आए। आवेदक का बिहार का स्थायी निवासी होना अनिवार्य है और वह जिस जाति का दावा कर रहा है, वह राज्य सरकार की आधिकारिक जाति सूची (अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति, अत्यंत पिछड़ा वर्ग, पिछड़ा वर्ग या सामान्य) में दर्ज होनी चाहिए। दस्तावेजों की बात करें तो आवेदक का आधार कार्ड सबसे प्रमुख पहचान प्रमाण है। यदि आधार कार्ड मोबाइल नंबर से लिंक है, तो ओटीपी आधारित सत्यापन सीधे हो जाता है। यदि आधार से मोबाइल लिंक नहीं है, तो पहचान प्रमाण के तौर पर वोटर आईडी, पैन कार्ड, ड्राइविंग लाइसेंस या पासपोर्ट की स्कैन कॉपी अपलोड की जा सकती है। इसके साथ ही आवेदक की एक हालिया पासपोर्ट साइज फोटो (350 KB से कम साइज में) होना अनिवार्य है।मोबाइल से RTPS पोर्टल पर ऑनलाइन आवेदन करने का पूरा स्टेप-बाय-स्टेप तरीकाघर बैठे मोबाइल से आवेदन करने के लिए सबसे पहले अपने फोन के ब्राउज़र में आधिकारिक वेबसाइट (serviceonline.bihar.gov.in या rtps.bihar.gov.in) खोलें। यदि आपके पास पहले से 'मेरी पहचान' (Jan Parichay) का लॉगिन है तो लॉगिन करें, अन्यथा आप बिना लॉगिन किए भी सीधे होमपेज से आवेदन कर सकते हैं। होमपेज पर बाईं तरफ 'लोक सेवाओं का अधिकार की सेवाएं' (RTPS Services) अनुभाग में जाएं और 'सामान्य प्रशासन विभाग' (General Administration Department) पर क्लिक करें। इसके बाद ड्रॉप-डाउन मेनू से 'जाति प्रमाण पत्र का निर्गमन' (Issuance of Caste Certificate) चुनें और उसमें 'राजस्व अधिकारी स्तर' (Revenue Officer Level) पर क्लिक करें। अब स्क्रीन पर फॉर्म-1 (अनुसूचित जाति/जनजाति/पिछड़ा वर्ग हेतु जाति प्रमाण पत्र आवेदन पत्र) खुल जाएगा।फॉर्म में विवरण दर्ज करना, फोटो अपलोड और फाइनल सबमिशनफॉर्म खुलने के बाद सबसे पहले आवेदक का लिंग (पुरुष/महिला/अन्य) और अभिवादन चुनें। इसके बाद आवेदक का नाम अंग्रेजी और हिंदी दोनों में टाइप करें; मोबाइल कीबोर्ड से स्पेस दबाते ही अंग्रेजी नाम का स्वतः हिंदी अनुवाद हो जाता है। इसी तरह पिता का नाम, माता का नाम और विवाहित महिलाओं के मामले में पति का नाम दर्ज करें। अपना वैध 10-अंकों का मोबाइल नंबर और ईमेल आईडी अवश्य भरें क्योंकि सर्टिफिकेट का लिंक इन्हीं पर भेजा जाता है। इसके बाद स्थायी पता अनुभाग में जिला, अनुमंडल, प्रखंड, ग्राम पंचायत/नगर निकाय, वार्ड संख्या, गांव/मोहल्ला, पोस्ट ऑफिस, थाना और पिन कोड का चयन करें। वर्तमान पता भी स्थायी पते के समान है तो 'Same as Above' पर टिक करें। इसके बाद अपनी पासपोर्ट साइज फोटो अपलोड करें, पेशा (विद्यार्थी, सरकारी सेवा, निजी सेवा, व्यापार आदि) चुनें और अपनी वर्ग श्रेणी व विशिष्ट जाति का चयन करें। अंत में कैप्चा कोड डालकर 'Proceed' पर क्लिक करें। यदि ओटीपी विकल्प नहीं चुना है, तो अगले पेज पर 'Attach Annexure' पर क्लिक कर आधार कार्ड की कॉपी अपलोड करें और 'Submit' बटन दबा दें। सबमिट होते ही आपको पावती रसीद (Acknowledgement Slip) मिल जाएगी, जिसे पीडीएफ के रूप में सहेज लें।जाति प्रमाण पत्र का स्टेटस चेक करना और डिजिटल सर्टिफिकेट डाउनलोड करने की प्रक्रियाआवेदन जमा होने के बाद सामान्यतः 10 कार्य दिवसों (Working Days) के भीतर सेवा प्रदान की जाती है। यदि आप अपने आवेदन की स्थिति देखना चाहते हैं, तो RTPS के होमपेज पर 'नागरिक अनुभाग' (Citizen Section) में जाकर 'आवेदन की स्थिति देखें' (Track Application Status) पर क्लिक करें। वहां अपनी आवेदन संदर्भ संख्या (Application Reference Number) और आवेदन की तारीख दर्ज कर ओटीपी सत्यापन के जरिए स्टेटस देख सकते हैं। जब प्रमाण पत्र बनकर तैयार हो जाता है, तो आपके रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर पर डाउनलोड लिंक का एसएमएस आता है। इसके अलावा, आप पोर्टल के होमपेज पर 'सर्टिफिकेट डाउनलोड करें' (Download Certificate) विकल्प पर जाकर अपनी संदर्भ संख्या और नाम दर्ज कर एक क्लिक में मूल डिजिटल हस्ताक्षरित जाति प्रमाण पत्र पीडीएफ फॉर्मेट में डाउनलोड कर सकते हैं, जिसे सीधे प्रिंट कराकर किसी भी सरकारी कार्य में इस्तेमाल किया जा सकता है।
बीकानेर रेंज (चार जिले) में तीन साल में साइबर ठगी की 45 हजार शिकायतें दर्ज हुईं। इन मामलों में कार्रवाई करते हुए पुलिस ने 19 करोड़ 94 लाख रुपए की राशि को होल्ड कराया। हाल ही जारी रिपोर्ट में यह भी साफ हुआ है कि जिले में साल 2026 में अब तक चोरी हुए या खोए हुए 381 मोबाइल भी बरामद किए गए। वहीं 4 जिलों में CEIR पोर्टल से तीन साल में 13 हजार 789 मोबाइल फोन मिले हैं। रेंज के 4 जिलों में लगातार बढ़ा साइबर अपराध रिपोर्ट के मुताबिक बीकानेर रेंज के चार जिलों में साइबर अपराध लगातार बढ़ा। हालांकि ठगी की राशि में कमी दर्ज की गई है। वर्ष 2024 से अब तक साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर 45 हजार से अधिक शिकायतें दर्ज हुई हैं। पुलिस महानिरीक्षक ओमप्रकाश के निर्देश पर बीकानेर रेंज के बीकानेर, श्रीगंगानगर, हनुमानगढ़ और चूरू जिलों में साइबर अपराधों की रोकथाम के लिए कार्रवाई की जा रही है। रिपोर्ट के अनुसार- इन तीन वर्षों में ठगी की राशि में कमी आई है। समय रहते होल्ड कराई राशि पुलिस ने साइबर ठगी की रकम को समय रहते होल्ड करवाने की कार्रवाई भी की। तीन साल में 13,789 मोबाइल बरामद सीईआईआर पोर्टल के जरिए रेंज में वर्ष 2024 में 4,281, वर्ष 2025 में 5,281 और वर्ष 2026 में 4,227 मोबाइल फोन बरामद किए गए। जिलेवार आंकड़ों के अनुसार, वर्ष 2026 में बीकानेर में 381, श्रीगंगानगर में 616, हनुमानगढ़ में 2,963 और चूरू में 267 मोबाइल फोन बरामद हुए। जागरूकता कार्यक्रम भी चलाए साइबर अपराधों से बचाव के लिए रेंज में वर्ष 2024 में 1,071, वर्ष 2025 में 1,916 और वर्ष 2026 में 1,420 जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए गए। पुलिस ने आमजन से साइबर ठगी होने पर तुरंत हेल्पलाइन नंबर 1930 पर शिकायत दर्ज करवाने और गुम या चोरी हुए मोबाइल की जानकारी सीईआईआर पोर्टल पर दर्ज करवाने की अपील की है। पुलिस के अनुसार, समय पर शिकायत करने से ठगी की राशि होल्ड करवाने और मोबाइल बरामद होने की संभावना बढ़ सकती है।
नालंदा के हरनौत में पुलिस ने डकैती की योजना बना रहे पांच बदमाशों को गिरफ्तार किया है। इनके पास से दो देशी कट्टे, आठ जिंदा कारतूस और पांच मोबाइल फोन बरामद किए गए हैं। बरामद मोबाइलों में से दो हाल में रूपसपुर गांव के घरों में हुई चोरी की घटनाओं से जुड़े हैं। पुलिस ने यह कार्रवाई 29 अक्टूबर की देर रात चेरन ओवरब्रिज के पास घेराबंदी कर की। गिरफ्तार आरोपियों में छपरा का एक बदमाश भी शामिल है। गुप्त सूचना पर पुलिस ने की घेराबंदी हरनौत थाना पुलिस और जिला आसूचना इकाई की विशेष टीम को सूचना मिली थी कि चेरन ओवरब्रिज के पास कुछ अपराधी किसी बड़ी डकैती की योजना बना रहे हैं। सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने 29 अक्टूबर की देर रात इलाके में घेराबंदी की और पांचों आरोपियों को पकड़ लिया। पुलिस ने तलाशी के दौरान उनके पास से दो अवैध देशी कट्टे, आठ जिंदा कारतूस और पांच मोबाइल फोन बरामद किए। मोबाइल की तकनीकी जांच में दो फोन रूपसपुर गांव में हाल में हुई चोरी की घटनाओं से जुड़े पाए गए। हरनौत, रहुई और छपरा के रहने वाले हैं आरोपी शुक्रवार को हरनौत थानाध्यक्ष मुकेश कुमार वर्मा ने बताया कि गिरफ्तार आरोपियों की पहचान हरनौत के बिचली बाजार निवासी मल्लू कुमार, रहुई निवासी पिंटू कुमार, छपरा जिले के कोप थाना क्षेत्र के रेवाड़ी निवासी किशन सिंह और कल्याणबीघा थाना क्षेत्र निवासी मिथुन कुमार एवं विशाल कुमार के रूप में हुई है। थानाध्यक्ष के अनुसार, सभी आरोपी आदतन अपराधी हैं और पहले भी कई बार जेल जा चुके हैं। पुलिस अब इनके पुराने आपराधिक मामलों और हाल की घटनाओं में संलिप्तता की जांच कर रही है। कोलकाता तक फैला है आपराधिक नेटवर्क पुलिस की छानबीन में आरोपियों का आपराधिक इतिहास भी सामने आया है। इनके खिलाफ नालंदा जिले के हरनौत, दीपनगर समेत कई थानों में चोरी, डकैती और आर्म्स एक्ट के मामले दर्ज हैं। इसके अलावा कोलकाता के संकराइल थाने में भी इनके खिलाफ आपराधिक मामले दर्ज होने की जानकारी मिली है। फरार साथियों की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी पुलिस अधिकारियों के मुताबिक, गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ के आधार पर गिरोह के अन्य फरार सदस्यों की पहचान की गई है। उनकी गिरफ्तारी के लिए विशेष टीमें संभावित ठिकानों पर छापेमारी कर रही हैं। पुलिस बरामद हथियारों, मोबाइल फोन और आरोपियों के आपराधिक नेटवर्क की भी जांच कर रही है।
पठानकोट में लूडो गेम पर सट्टा लगाते 4 युवक पकड़े:₹46 हजार से ज्यादा कैश बरामद, 4 मोबाइल भी जब्त किए
पठानकोट जिले के थाना सुजानपुर पुलिस ने पुलिस टीम ने यूबीडीसी नहर के पास चाय की दुकान पर मोबाइल पर लूडो गेम के जरिए पैसों का दांव लगाकर सट्टा खेल रहे 4 युवकों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपियों के पास से ₹46,890 नगदी और 4 मोबाइल फोन बरामद किए हैं। आरोपियों पर पुलिस ने गैंबलिंग एक्ट के तहत मामला दर्ज किया है। पकड़े गए आरोपियों की पहचान सुनील कुमार निवासी नजदीक महाजन हॉल, शाहपुरी गेट, सुजानपुर, जतिंदर कुमार उर्फ धारा निवासी कैलाशपुर, रवि कुमार निवासी राईपुर संधुआ, रमन कुमार निवासी न्यू गुगरां के तौर पर हुई है। चाय की दुकान के पीछे लगा रहे थे सट्टा जानकारी के मुताबिक एएसआई नरेश कुमार पुलिस टीम के साथ नेशनल हाईवे न्यू गुगरां मोड़ के पास गश्त पर थे। मुखबिर ने सूचना दी कि पुल नंबर 2 यूबीडीसी नहर के किनारे चाय के खोखे के पीछे 4 युवक मोबाइल फोन पर लूडो गेम खेलकर पैसों पर सट्टा लगा रहे हैं। सूचना के आधार पर जब पुलिस टीम ने बताए गए स्थान पर छापेमारी की, तो टेबल पर एक मोबाइल रखकर चारों युवक सट्टा खेलते हुए पाए गए। पुलिस को देखते ही उन्होंने भागने की कोशिश की, लेकिन पुलिस ने तुरंत चारों को दबोच लिया। ₹46,890 की नगदी और 4 मोबाइल जब्त पुलिस द्वारा आरोपियों की तलाशी लेने पर उनके पास से कुल ₹46,890 और 4 मोबाइल फोन बरामद हुए। पुलिस के मुताबिक सुनील कुमार से ₹16,000 की नगदी, जतिंदर कुमार उर्फ धारा से ₹29,500 की नगदी और ओप्पो कंपनी का मोबाइल, रवि कुमार से ₹890 की नगदी और रियलमी कंपनी का मोबाइल, रमन कुमार से ₹500 और वीवो कंपनी का मोबाइल बरामद किया गया। पुलिस ने सट्टे में इस्तेमाल की जा रही रकम और मोबाइल फोन जब्त कर चारों आरोपियों के खिलाफ पब्लिक गैंबलिंग एक्ट के तहत मामला दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है।
प्रतापगढ़ जेल में पुलिस की बड़ी कार्रवाई, जमीन में गड्ढे खोदकर छिपाए 6 मोबाइल बरामद
तलाशी अभियान में बैरक की जमीन, बाथरूम की छत और डस्टबिन से चार्जर व तंबाकू बरामद, पार्सल के जरिए सामग्री मंगवाने वाला बंदी गिरफ्तार।
अपराध का नया तरीका : बंदूक न बारूद, बस एक मोबाइल कॉल पर ही करोड़ों साफ
New Modus Operandi Of Crime: ठगों का सबसे कारगर हथियार लोगों का डर रहा। पैसे अलग-अलग खातों और प्रदेशों में गए। इससे पुलिस अंतिम कड़ी तक नहीं पहुंच पाई।
पटना में पाटलिपुत्र सर्राफा संघ ने ग्राहकों के लिए क्यूआर कोड सुविधा शुरू की है, जिससे वे मोबाइल पर सोना-चांदी का दैनिक भाव आसानी से जान सकेंगे।
छत्तीसगढ़ में श्रमिकों के बच्चों को मिलेंगे 1 लाख मोबाइल ऐप से करें ऑनलाइन आवेदन
छत्तीसगढ़ शासन के श्रम विभाग द्वारा पंजीकृत असंगठित श्रमिकों के मेधावी बच्चों के लिए 'शैक्षणिक प्रोत्साहन योजना' चलाई जा रही है।
नमस्कार, पंजाब-चंडीगढ़ में आज की सबसे बड़ी खबर आम आदमी पार्टी (AAP) से जुड़ी रही। कल AAP के उम्मीदवारों की पहली लिस्ट जारी होगी। इसमें 20 नाम हो सकते हैं। इसका ऐलान सीएम भगवंत मान ने किया। दिनभर की 10 चुनिंदा बड़ी खबरों का VIDEO देखने के लिए ऊपर क्लिक करें… इन 10 बड़ी खबरों को विस्तार से यहां पढ़ भी सकते हैं। तो आइए जानते हैं, पंजाब-चंडीगढ़ में दिनभर में क्या कुछ खास रहा… 1. AAP उम्मीदवारों की पहली लिस्ट कल आएगी पंजाब चुनाव के लिए आम आदमी पार्टी (AAP) के उम्मीदवारों की पहली लिस्ट कल 12 बजे जारी होगी। इसकी जानकारी CM भगवंत मान ने दिल्ली में पत्रकारों को दी। AAP ने उम्मीदवारों के नामों पर मंथन के लिए दिल्ली में मीटिंग रखी थी। जिसमें अरविंद केजरीवाल और सीएम मान भी शामिल हुए। AAP के सोर्सेज के मुताबिक कल फिर दिल्ली में मीटिंग होगी, जिसके बाद लिस्ट सार्वजनिक कर दी जाएगी। लिस्ट में 20 नाम शामिल हो सकते हैं। माना जा रहा है कि AAP पंजाब में चुनाव आचार संहिता लगने से पहले यानी सरकार के रहते ही उम्मीदवारों का ऐलान करना चाहती है ताकि चुनाव की घोषणा होने तक वह अपने हलकों में कामकाज करवा सकें। इसके अलावा AAP अपने उम्मीदवारों को ग्राउंड पर वर्किंग के लिए भी पूरा टाइम देना चाहती है। (पढ़ें पूरी खबर) 2. पटाखा गोदाम में लगी आग, एक की मौत लुधियाना में आम आदमी पार्टी (AAP) के नेता गोल्डी सब्बरवाल के पटाखा गोदाम में शुक्रवार को आग लग गई। इससे गोदाम में धमाके हुए। इस दौरान गोदाम की एक दीवार गिर गई, जिसके नीचे AAP नेता के चाचा का बेटा दब गया। इससे उसकी मौत हो गई। पुलिस के मुताबिक दूसरी मंजिल पर आग लगी है। यहां किचन के साथ कमरा बना हुआ था। जहां पर पटाखे का स्टॉक रखा हुआ था। आग लगने के बाद युवक गोदाम के अंदर ही एक किनारे पर खड़ा हो गया। लेकिन अचानक उसकी दीवार गिर गई। मृतक की पहचान साहिल सब्बरवाल (27) के रूप में हुई है। हादसे का पता चलते ही पुलिस ने पूरे इलाके को घेर लिया। स्थानीय लोगों ने बताया कि रेजिडेंशियल इलाके में अवैध रूप से पटाखे स्टोर किए गए थे। (पढ़ें पूरी खबर) 3. ASI नशा करते पकड़ा, लोगों ने घेरा मानसा के बुढलाडा में लोगों ने पंजाब पुलिस के ASI सहजप्रीत को चिट्टा (हेरोइन) पीते हुए पकड़ लिया। लोगों ने पुलिसकर्मी को बीच बाजार घेर लिया। इस दौरान ASI ने कहा कि वो अभी ट्रेनिंग पर है। घटना के बाद लोगों ने धरना-प्रदर्शन कर सख्त कार्रवाई की मांग की। विरोध के बाद स्थानीय पुलिस ने एएसआई का डोप टेस्ट कराया, जिसकी रिपोर्ट पॉजिटिव आई। इसके बाद थाना बुढलाडा में उसके खिलाफ केस दर्ज कर लिया गया। SP नरेंद्र सिंह ने बताया कि सहजप्रीत जहान खेलां में ट्रेनिंग कर रहा था। ड्यूटी बुढलाडा में लगाई गई थी। इसी दौरान लोगों ने सहजप्रीत को नशा करते हुए पकड़ लिया। (पढ़ें पूरी खबर) 4. हवारा के पिता का अश्लील VIDEO वायरल पंजाब के पूर्व CM बेअंत सिंह की हत्या के दोषी जगतार सिंह हवारा के पिता और कौमी इंसाफ मोर्चे के संरक्षक गुरचरण सिंह का AI से अश्लील वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर वायरल कर दिया गया। गुरचरण सिंह ने इसे उनकी छवि और चरित्र खराब करने की साजिश बताया है। उन्होंने मोहाली साइबर पुलिस को शिकायत देकर वीडियो बनाने और प्रसारित करने वालों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। शिकायत के बाद पुलिस ने अज्ञात लोगों के खिलाफ केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। शिकायत में पुलिस से वीडियो हटाने की भी मांग की गई है। (पढ़ें पूरी खबर) 5. बेटे के सामने पिता की कस्सी मारकर हत्या गुरदासपुर में खेत में किसान की कस्सी मारकर हत्या कर दी गई। गुरुवार देर रात खेत में हुई कहासुनी के बाद हमलावरों ने किसान पर हमला कर दिया। हमलावरों ने किसान की छाती पर कई वार किए। वारदात के समय मृतक का बेटा भी मौके पर मौजूद था। उसने आरोप लगाया कि हमले के दौरान हमलावर हरबंस सिंह की पत्नी मनजीत कौर ने ही अपने पति को कस्सी थमाई थी और मारने को कहा था। गंभीर हालत में अस्पताल ले जाते समय किसान की मौत हो गई। पुलिस ने तीन लोगों के खिलाफ हत्या का केस दर्ज कर उनकी तलाश शुरू कर दी है। दोनों परिवारों के बीच खेतों के बीच बनी पगडंडी और बाउंड्री वॉल को लेकर लंबे समय से विवाद चल रहा था। (पढ़ें पूरी खबर) 6. झोटा के परिवार को CRPF सिक्योरिटी मिली मानसा के नशा विरोधी एक्टिविस्ट परविंदर झोटा के परिवार को सरकार ने सीआरपीएफ सिक्योरिटी दे दी है। परिवार कई दिनों से धरने पर बैठा है और सुरक्षा को खतरा महसूस करते हुए केंद्र सरकार ने ये सिक्योरिटी दी है। शुक्रवार को टीम मानसा पहुंची। इस टीम में 10 जवान शामिल हैं। उधर, झोटा की हत्या को आज (30 अक्टूबर) 18 दिन हो चुके हैं। झोटा की डेडबॉडी मानसा के सिविल अस्पताल में रखी गई है। डेडबॉडी का अभी तक पोस्टमॉर्टम नहीं हुआ है। CBI भी परिवार को PGI चंडीगढ़ में पोस्टमॉर्टम के लिए कह चुकी है, लेकिन अभी परिवार और झोटा को इंसाफ के लिए बनी एक्शन कमेटी राजी नहीं है। वह CM भगवंत मान और DGP गौरव यादव के इस्तीफे की मांग कर रहे हैं। (पढ़ें पूरी खबर) 7. नशा तस्कर का 70 साल पुराना घर तोड़ा जालंधर वेस्ट के बस्ती शेख स्थित मोहल्ला तेज मोहन नगर में नशा तस्कर के घर को तोड़ा गया। यह कार्रवाई पुलिस और नगर निगम ने की। पुलिस कमिश्नर भी कार्रवाई का जायजा लेने पहुंचे। उन्होंने कहा कि गगनदीप सिंह पर सात पर्चे दर्ज हैं। उन्होंने बताया कि उसकी कई प्रॉपर्टी चिह्नित की गई हैं। नशा बेचकर बनाई गई संपत्तियों पर कार्रवाई के आदेश हुए हैं। ये मकान 70 साल पुराना है। नशा तस्कर गगनदीप सिंह इस समय जेल में बंद है। यह घर उसके दादा ने बनवाया था। इसी घर में गगनदीप सिंह अपने परिवार के साथ रहता था। पुलिस ने अगस्त महीने में दूसरी बार नशा तस्करी के मामले में गगनदीप सिंह को गिरफ्तार किया था। उसके परिवार में पत्नी, दो बेटे और एक छोटी बेटी है। (पढ़ें पूरी खबर) 8. महिला ने डॉ. अंबेडकर की मूर्ति का शीशा तोड़ा लुधियाना में जालंधर बाईपास चौक पर डॉ. बीआर अंबेडकर की प्रतिमा का शीशा एक बार फिर तोड़ दिया गया। शुक्रवार सुबह घटना की सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और आसपास लगे CCTV कैमरों की फुटेज खंगाली। फुटेज में एक महिला पत्थर मारकर शीशा तोड़ते हुए दिखाई दी। पुलिस ने महिला को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है। घटना की जानकारी फैलते ही स्थानीय लोगों में रोष फैल गया। 4 महीने पहले भी इस प्रतिमा को लेकर विवाद हो चुका है, जिसके बाद यहां CCTV कैमरे लगाए गए थे। तब लोगों ने कई शहरों में रोड जाम कर प्रदर्शन किए थे। (पढ़ें पूरी खबर) 9. दिलजीत के कॉन्सर्ट से पहले पुलिस कमिश्नर को नोटिस पंजाबी सिंगर एवं एक्टर दिलजीत दोसांझ के आज दिल्ली के जवाहरलाल नेहरू (JLN) स्टेडियम में होने वाले लाइव कॉन्सर्ट से पहले विवाद खड़ा हो गया। दिल्ली बाल अधिकार संरक्षण आयोग (DCPCR) ने उनके गानों में शराब, नशीले पदार्थों और हथियारों के महिमामंडन की शिकायत पर संज्ञान लेते हुए दिल्ली पुलिस कमिश्नर को नोटिस जारी किया है। आयोग ने शिकायत की कॉपी पुलिस को भेजकर नियमानुसार उचित कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं। याद रहे दिसंबर में दिलजीत का शो मोहाली में होने की संभावना है। यह शो या तो पीसीए स्टेडियम मुल्लांपुर या चंडीगढ़ में आयोजित किया जाएगा। (पढ़ें पूरी खबर) खबर जरा हटके… 10. मोबाइल न देने से नाराज छात्रा ने घर छोड़ा चंडीगढ़ में मोबाइल वापस लेने से बेटी इस कदर नाराज हुई कि घर छोड़कर चली गई। वह घर से बैग लेकर निकली और चंडीगढ़ बस स्टैंड से अमृतसर पहुंच गई। 11वीं में पढ़ने वाली बेटी से मां ने एग्जाम की वजह से मोबाइल वापस लिया था ताकि वह स्टडी पर फोकस कर सके। छात्रा के पिता मैकेनिकल इंजीनियर हैं। परिवार ने पुलिस को बताया तो सीसीटीवी फुटेज में वो अमृतसर में गोल्डन टेंपल एरिया में नजर आई। हालांकि अभी तक उसका कोई पता नहीं चल पाया है। चंडीगढ़ पुलिस ने मां की शिकायत पर केस दर्ज कर छात्रा की तलाश शुरू कर दी है। पुलिस की टीमें अमृतसर में भी छात्रा को ढूंढ रही हैं। (पढ़ें पूरी खबर) (कल शाम 6 बजे फिर होगी मुलाकात)
गोंडा में मोबाइल अपडेट के नाम पर साइबर फ्रॉड:फोन हैक किया, बिना OTP खाते से निकाले 96 हजार
गोंडा की नगर कोतवाली क्षेत्र अंतर्गत ददुवा बाजार निवासी शिवकुमार गुप्ता पुत्र स्वर्गीय किशनलाल के साथ साइबर ठगी का एक हैरान करने वाला मामला सामने आया है। पीड़ित के मुताबिक, गुरुवार दोपहर करीब 3:00 बजे उनके मोबाइल फोन पर एक अज्ञात अपडेट आया। इसके तुरंत बाद उनका फोन असामान्य व्यवहार करने लगा और न तो स्विच ऑफ हो रहा था और न ही ठीक से ऑन हो पा रहा था। बिना OTP और मैसेज के कटे 96 हजार रुपये फोन हैक होने के दौरान ही गुरुवार दोपहर लगभग 3:39 बजे फोनपे के माध्यम से एक ही बार में ₹96,000 की रकम रोशन कुमार नाम के व्यक्ति के खाते में ट्रांसफर कर ली गई। पीड़ित को इस धोखाधड़ी का पता गुरुवार रात करीब 9:00 बजे चला, जब उन्हें खाते से पैसे कटने की जानकारी हुई। ताज्जुब की बात यह रही कि इसके लिए न तो कोई ओटीपी आया और न ही कोई मैसेज या कॉल। पीड़ित ने 1930 पर दर्ज कराई शिकायत, एसपी कार्यालय में दी गुहार घटना की जानकारी मिलते ही पीड़ित ने तत्काल साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर शिकायत दर्ज कराई। इसके बाद शुक्रवार शाम 4:00 बजे पीड़ित ने गोंडा एसपी कार्यालय पहुंचकर प्रार्थना पत्र दिया और ठगी की रकम वापस दिलाने की गुहार लगाई। ट्रांजैक्शन डिटेल और UTR नंबर के आधार पर जांच शुरू मामला संज्ञान में आने के बाद नगर कोतवाली पुलिस और साइबर सेल की टीम ने यूटीआर (UTR) नंबर और ट्रांजैक्शन डिटेल के आधार पर जांच-पड़ताल शुरू कर दी है। पुलिस ठगों तक पहुंचने और पैसे को ट्रैक करने की कोशिश कर रही है। अनवेरिफाइड ऐप और लिंक से बचें गोंडा साइबर सेल प्रभारी संजय गुप्ता ने बताया कि ऑनलाइन शिकायत प्राप्त हो गई है और जांच जारी है। यदि ठगों द्वारा रकम निकाली नहीं गई होगी तो उसे होल्ड करा दिया जाएगा। इसके साथ ही उन्होंने आम जनता से अपील की है कि वे किसी भी अनवेरिफाइड लिंक पर क्लिक न करें और न ही फोन में कोई अज्ञात सॉफ्टवेयर इंस्टॉल करें।
बच्चों को मोबाइल थमाकर खिलाते हैं? जानिए डॉक्टरों ने क्या कहा
HealthWealth Summit 2026 के खास सेशन 'बच्चे रहे ऐसे' में देश के जाने-माने बाल रोग विशेषज्ञों डॉ. रवि मलिक और डॉ. माधवी भारद्वाज ने बच्चों की सेहत, बार-बार होने वाली वायरल बीमारियों, स्क्रीन टाइम और गलत पेरेंटिंग पर खुलकर चर्चा की. डॉक्टरों ने साफ किया कि बच्चों को जबरदस्ती खाना खिलाना या मोबाइल थमाना उनके लिए कितना खतरनाक है?
कार के सायरन से परेशान पड़ोसी ने पेट्रोल डालकर लगाई आग: गुजरात के मोरबी में वारदात, आरोपी ने खुद मोबाइल से बनाया वीडियो; CCTV में कैद हुई घटना
सोनीपत जिले के गोहाना उपमंडल के एक गांव से 19 वर्षीय युवती और उसका 17 वर्षीय चचेरा भाई संदिग्ध परिस्थितियों में लापता हो गए। दोनों 28 अक्टूबर की सुबह करीब 10 बजे परिवार को बिना बताए घर से चले गए। काफी तलाश करने के बाद भी उनका कोई सुराग नहीं मिला तो परिजनों ने सदर थाना गोहाना पुलिस को शिकायत दी। पुलिस ने शिकायत के आधार पर केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। रिश्तेदारों और आसपास के इलाकों में की तलाश पुलिस को दी शिकायत में युवती के पिता ने बताया कि उनकी बेटी अचानक घर से लापता हो गई थी। बाद में पता चला कि उनका 17 वर्षीय भतीजा भी उसके साथ गया है। दोनों के एक साथ लापता होने की जानकारी मिलने पर परिजनों ने रिश्तेदारों और आसपास के गांवों व इलाकों में उनकी तलाश की, लेकिन कोई जानकारी नहीं मिल सकी। पुलिस ने मोबाइल डिटेल खंगालनी शुरू की पुलिस ने मामले में BNS की धारा 127(6) के तहत केस दर्ज किया है। अधिकारियों के अनुसार, मामले की आगामी जांच एएसआई बिजेंद्र को सौंपी गई है। पुलिस दोनों की तलाश में संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही है। उनके मोबाइल फोन की डिटेल खंगालने के साथ दोस्तों से भी पूछताछ कर जानकारी जुटाई जा रही है। दोनों का हुलिया जारी लापता युवती की उम्र 19 साल, रंग साफ, चेहरा गोल, शरीर हष्ट-पुष्ट और कद करीब 5 फीट 4 इंच बताया गया है। वहीं, किशोर की उम्र 17 साल, रंग साफ, चेहरा लंबा, शरीर पतला और कद करीब 5 फीट 9 इंच है। उसके दाहिने पैर पर चोट का निशान है। पुलिस दोनों का पता लगाने में जुटी है।
नवंबर से स्मार्ट मीटर उपभोक्ताओं को मोबाइल पर मिलेंगे बिजली बिल, SMS से आएगा लिंक
जिन उपभोक्ताओं के बिजली कनेक्शन में पुराना, बंद या गलत मोबाइल नंबर दर्ज है, वे संबंधित उपखंड कार्यालय अथवा हेल्पडेस्क पर जाकर इसे अपडेट कराएं। ई-मेल आईडी भी सही दर्ज कराएं। इसके लिए संबंधित सहायक अभियंता कार्यालय से संपर्क किया जा सकता है।
चूरू जिले के बीदासर थाना क्षेत्र के दड़िबा गांव में गुरुवार देर रात डीएसटी ने जुआ खेलते 10 लोगों को हिरासत में लिया। टीम के मुताबिक, नवरतन बावरी के घर में झंडी-मंडी का जुआ चल रहा था। डीएसटी ने मौके से 54,604 रुपए नकद, 12 मोबाइल, 7 गाड़ियां, 1 टेम्पो, 16 बाइक और 1 स्कूटी जब्त की। जब्त सामान बीदासर पुलिस को सौंप दिया गया। डीएसटी प्रभारी किशनाराम बिश्नोई के नेतृत्व में टीम ने कार्रवाई की। सूचना मिलने पर बीदासर पुलिस और थाने के हेड कॉन्स्टेबल प्रेमाराम भी मौके पर पहुंचे। पुलिस ने नेतराम जाट, नानूराम जाट, कालूराम स्वामी, खलील नाई, भींवाराम मेघवाल, कैलाश जाट, मूलचंद जाट, राजकुमार प्रजापत, वीरेंद्र नायक और दिलीप कुमार नायक को हिरासत में लिया। बीदासर में दीपावली के दौरान झंडी-मंडी का जुआ कई सालों से खेला जाता रहा है। खबर के मुताबिक, पुलिस प्रशासन को इसकी जानकारी रहती है और पहले भी छोटी-मोटी कार्रवाई हुई है। कार्रवाई करने वाली टीम में कॉन्स्टेबल लोकेश, गोपाल और विक्रम शामिल थे।
अजमेर के अलवर गेट थाना क्षेत्र में घर से करीब 20 वर्षीय युवती के लापता होने का मामला सामने आया है। युवती रात के समय बिना बताए घर से चली गई। वह अपने साथ जरूरी दस्तावेज, कपड़े और मोबाइल फोन भी ले गई। परिजनों ने आसपास और रिश्तेदारी में तलाश की, लेकिन उसका कोई सुराग नहीं लगा। इसके बाद पुलिस थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई गई। रात को ड्यूटी पर गई थी मां, सुबह घर पहुंची तो बेटी नहीं मिली पुलिस को दी रिपोर्ट में मां ने बताया कि वह एक कॉलेज में प्राइवेट नौकरी करती है। 26 अक्टूबर 2026 को रात करीब 10 बजे ड्यूटी पर गई थी। इस दौरान बेटी घर पर ही थी। 27 अक्टूबर की सुबह करीब 6:30 बजे जब वह घर पहुंची तो बेटी घर पर नहीं मिली। तलाश करने पर पता चला कि बेटी 26 अक्टूबर की रात बिना बताए घर से कहीं चली गई। वह अपने साथ कपड़े, जरूरी कागजात और मोबाइल फोन भी लेकर गई है। उसका मोबाइल नंबर भी उसी दिन से बंद आ रहा है। परिजनों ने आसपास और रिश्तेदारियों में तलाश की, लेकिन युवती का पता नहीं चल सका। इसके बाद अलवर गेट थाने में रिपोर्ट देकर युवती की तलाश करने और उचित कानूनी कार्रवाई की मांग की गई।
जबलपुर में बात करते समय मोबाइल हैक हो गया, 2.33 लाख रुपये निकालने का आया मैसेज
खाते से जुड़े विवरण के आधार पर आरोपियों तक पहुंचने का प्रयास किया जा रहा है।
सीकर में दो सगी बहनों के लापता होने का मामला सामने आया है। एक की उम्र 25 साल और दूसरी की 22 साल है। घर से हॉस्पिटल जाने की कहकर निकली थी। अब उनका मोबाइल भी स्विच ऑफ है। घर के मोबाइल में एक अनजान नंबरों से कई बार बातचीत करना सामने आया है। फिलहाल पुलिस दोनों की तलाश कर रही है। दोनों युवतियों के चचेरे भाई ने पुलिस में शिकायत देकर बताया कि 28 अक्टूबर की दोपहर करीब 12 बजे दोनों चचेरी बहन घर से अस्पताल में दिखाने के लिए गई थी। 3 बजे उन्हें कॉल किया तो उन्होंने 15 मिनट में आने की बात कही। 4 बजे तक भी वह वापस नहीं लौटी। जब उन्हें दोबारा कॉल किया गया तो नंबर भी लगातार स्विच ऑफ आ रहा था। ऐसे में परिवार ने गांव और आस-पड़ोस में काफी तलाश की, लेकिन कुछ पता नहीं चल पाया। घर के एक मोबाइल में एक अनजान नंबरों से कई बार कॉल करना सामने आया है। फिलहाल पुलिस दोनों युवतियों की तलाश कर रही है। 17 साल की नाबालिग से छेड़छाड़ सीकर में एक 17 साल की नाबालिग लड़की से छेड़छाड़ का मामला भी सामने आया है। इस संबंध में उसके पिता ने पुलिस में शिकायत देकर बताया कि गांव का ही रहने वाला आरोपी 28 अक्टूबर की रात करीब 7:30 बजे उनके घर पर आया। जिसने नाबालिग से छेड़छाड़ और मारपीट की। फिलहाल पुलिस इस मामले में भी जांच कर रही है।
चंडीगढ़ में मोबाइल वापस लेने से बेटी इस कदर नाराज हुई कि घर छोड़कर चली गई। वह घर से बैग लेकर निकली और चंडीगढ़ बस स्टैंड से अमृतसर पहुंच गई। 11वीं में पढ़ने वाली बेटी से मां ने एग्जाम की वजह से मोबाइल वापस लिया था ताकि वह स्टडी पर फोकस कर सके। छात्रा के पिता मैकेनिकल इंजीनियर हैं। परिवार ने पुलिस को बताया तो सीसीटीवी फुटेज में वो अमृतसर में गोल्डन टेंपल एरिया में नजर आई। हालांकि अभी तक उसका कोई पता नहीं चल पाया है। चंडीगढ़ पुलिस ने मां की शिकायत पर केस दर्ज कर छात्रा की तलाश शुरू कर दी है। पुलिस की टीमें अमृतसर में भी छात्रा को ढूंढ रही हैं। 4 पॉइंट में जानिए पूरा मामला…. सबसे छोटी बेटी, चंडीगढ़ के स्कूल में पढ़ रहीचंडीगढ़ पुलिस को महिला ने बताया कि उनकी 4 बेटियां हैं। सबसे छोटी बेटी 17 साल की है। वह चंडीगढ़ के सरकारी स्कूल में 11वीं क्लास में पढ़ती है। उसके पिता पेशे से मैकेनिकल इंजीनियर हैं। वह कोलकाता की प्राइवेट कंपनी में काम करते हैं। इस वजह से परिवार कभी कोलकाता तो कभी चंडीगढ़ में रहता है। 16 हजार का मोबाइल दिलाया, फिर वापस लियामहिला ने बताया कि पहले छोटी बेटी को 16 हजार का नया मोबाइल दिलाया था। वह सोशल मीडिया पर एक्टिव रहती थी। अब एग्जाम नजदीक आए तो पढ़ाई डिस्टर्ब न हो, इसलिए उससे मोबाइल वापस ले लिया। ताकि वह सोशल मीडिया की जगह पर स्टडी पर फोकस कर सके। बेटी नाराज हुई, 22 अक्टूबर को घर से निकलीमहिला ने बताया कि मोबाइल वापस लेने से बेटी नाराज हो गई। 22 अक्टूबर को वह घर से निकल गई। अब उसके पास कोई मोबाइल नहीं है। जब वह घर से निकली तो वहां कोई नहीं था। परिवार के सभी लोग बाहर गए हुए थे। जब वे घर लौटे तो बेटी के गायब होने का पता चला। CCTV फुटेज में चंडीगढ़-अमृतसर में दिखीइसके बाद परिजनों ने घर और आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली। इसमें रोजी बैग लेकर घर से निकलती दिखाई दी। इसके बाद वह ऑटो से सेक्टर-43 बस स्टैंड पहुंची। परिवार ने यहां की सीसीटीवी फुटेज भी जुटाई है। इसके बाद वह बस से अमृतसर पहुंची। वहां बस स्टैंड पर भी वह सीसीटीवी कैमरे में दिखाई दी। अमृतसर में युवक से बात करते नजर आईपरिवार ने अमृतसर में भी बेटी की तलाश की। इस दौरान वह गोल्डन टेंपल के पास लगते एक इलाके में दिखाई दी। फुटेज में वह दूर से एक युवक से बात करती नजर आ रही है। हालांकि, अभी तक उसका कोई सुराग नहीं लग पाया है। पुलिस छात्रा की तलाश में जुटी हुई है।
साइबर धोखाधड़ी के 84.70 लाख रुपये के मामले में वांछित आरोपी को एसटीएफ की साइबर टीम ने महाराष्ट्र के सांगली जिले से गिरफ्तार किया है।
गांजा-शराब के साथ भाजपा युवा मोर्चा उपाध्यक्ष समेत 4 गिरफ्तार:सीवान में कैश और 5 मोबाइल जब्त
सीवान में पुलिस ने गुप्त सूचना के आधार पर छापेमारी कर गांजा और शराब बरामद की है। पुलिस ने इस कार्रवाई में भाजपा युवा मोर्चा के उपाध्यक्ष सह पूर्व बीडीसी सदस्य विकास कुमार उर्फ पिंटू समेत चार लोगों को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने मौके से मादक पदार्थ और शराब के अलावा नगदी तथा पांच मोबाइल फोन भी जब्त किए हैं। घटना आंदर थाना क्षेत्र स्थित आंदर सब्जी मार्केट की है। गिरफ्तार आरोपितों की पहचान विकास कुमार उर्फ पिंटू, उनके भाई दीपक कुमार, प्रकाश कुमार और उनके चचेरे भाई आकाश कुमार के रूप में हुई है। गांजा और शराब के साथ आरोपी गिरफ्तार पुलिस के अनुसार, सभी आरोपित आंदर सब्जी मार्केट में की गई छापेमारी के दौरान पकड़े गए। हालांकि, पुलिस की ओर से बरामद गांजा और शराब की कुल मात्रा तथा जब्त नकदी की राशि का विस्तृत ब्योरा सामने नहीं आया है। बताया जाता है कि पुलिस को क्षेत्र में मादक पदार्थ और शराब से जुड़ी गतिविधियों के संबंध में गुप्त सूचना मिली थी। इसके बाद आंदर थानाध्यक्ष सुनील कुमार के नेतृत्व में पुलिस टीम ने कार्रवाई की। छापेमारी के दौरान पुलिस ने मौके से गांजा और शराब बरामद करते हुए चारों आरोपितों को हिरासत में ले लिया। तलाशी के दौरान उनके पास से नकदी और पांच मोबाइल फोन भी जब्त किए गए। गिरफ्तारी के बाद पुलिस ने आरोपितों से संबंधित आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी की। इसके बाद चारों को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया। पुलिस की इस कार्रवाई को आंदर क्षेत्र में अवैध गतिविधियों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत महत्वपूर्ण माना जा रहा है। चार लोगों को भेजा गया जेल इस संबंध में आंदर थानाध्यक्ष सुनील कुमार ने बताया कि गुप्त सूचना के आधार पर छापेमारी की गई थी, जिसमें चार लोगों को गिरफ्तार किया गया है। उन्होंने बताया कि आवश्यक कागजी प्रक्रिया पूरी करने के बाद सभी आरोपितों को जेल भेज दिया गया है। गौरतलब है कि आंदर थाना क्षेत्र में थानाध्यक्ष सुनील कुमार के नेतृत्व में पुलिस की ओर से लगातार कार्रवाई किए जाने की बात कही जा रही है। इसी क्रम में सब्जी मार्केट में यह छापेमारी की गई। फिलहाल, मामले में बरामद सामग्री की विस्तृत मात्रा और नकदी की राशि से संबंधित जानकारी सामने आने का इंतजार है।
बालाघाट में पति की दीर्घायु और परिवार की सुख-समृद्धि की कामना के साथ सौभाग्यवती महिलाओं ने गुरुवार को करवा चौथ का निर्जला व्रत रखा। अर्णब तूफान के असर से बदले मौसम के कारण देर रात तक चांद का दीदार नहीं हो सका। ऐसे में कई महिलाओं ने मोबाइल पर चांद की फोटो देखकर अर्घ्य दिया और छलनी से पति का चेहरा देखकर व्रत खोला। शिव-पार्वती सहित देवी-देवताओं का पूजन करवा चौथ पर महिलाओं ने भगवान शिव, माता पार्वती, कार्तिकेय, भगवान गणेश और चंद्रमा की विशेष पूजा-अर्चना की। घरों और मंदिरों में सामूहिक रूप से माता करवा की कथा का वाचन किया गया। महिलाओं ने माता करवा से पति की लंबी उम्र और परिवार में सुख-समृद्धि बनाए रखने की कामना की। महिला मानसी ने बताया कि करवा चौथ का व्रत पति की दीर्घायु और परिवार की खुशहाली के लिए रखा जाता है। इसी कामना के साथ महिलाएं पूरे दिन निर्जला व्रत रखती हैं और रात में चंद्रमा को अर्घ्य देने के बाद व्रत खोलती हैं। पंजाबी और सिंधी समाज ने किया सामूहिक पूजन बालाघाट में पंजाबी और सिंधी समाज की महिलाओं ने सामूहिक रूप से करवा चौथ का पर्व मनाया। महिलाओं ने एक साथ पूजा-अर्चना कर माता करवा से पति की दीर्घायु का आशीर्वाद मांगा। पंजाबी समाज में करवा चौथ पर सास की ओर से बहू को सरगी देने की परंपरा है। व्रत शुरू होने से पहले सास बहू को सरगी देती है। इसके बाद बहू उसी पूजन की थाली में सास को भेंट देती है। तस्वीरे देखिए…
भोपाल के गोविंदपुरा इलाके में गुरुवार रात सफेद स्कूटर सवार बदमाश एक छात्र का मोबाइल फोन झपटकर फरार हो गया। वारदात कांग्रेस नेता हेमंत कटारे के बंगले के सामने भारती निकेतन के पास हुई। छात्र चेतक ब्रिज की ओर जा रहा था, तभी बदमाश ने उसके हाथ से मोबाइल छीना और भाग निकला। शिकायत पर गोविंदपुरा पुलिस ने अज्ञात आरोपी के खिलाफ केस दर्ज कर लिया है। चेतक ब्रिज से जा रहा था छात्र पुलिस के मुताबिक, उत्तर प्रदेश के बिजनौर जिले के अफजलगढ़ निवासी सनी सिंह (23), पिता जय मंगल सिंह, भोपाल में रहकर पढ़ाई करता है। गुरुवार रात वह चेतक ब्रिज से जा रहा था। इसी दौरान भारती निकेतन के पास सफेद स्कूटर पर सवार एक युवक उसके करीब पहुंचा और अचानक हाथ से मोबाइल झपट लिया। छात्र कुछ समझ पाता, इससे पहले ही आरोपी फरार हो गया। CCTV फुटेज खंगाल रही पुलिस सनी ने शोर मचाकर आरोपी का पीछा करने की कोशिश की, लेकिन वह पकड़ में नहीं आया। इसके बाद उसने पुलिस को शिकायत दी। पुलिस घटनास्थल और आसपास लगे CCTV कैमरों के फुटेज खंगाल रही है। स्कूटर के रंग और वारदात के तरीके के आधार पर आरोपी की पहचान करने की कोशिश की जा रही है।
साइबर ठगी के लिए कार में चला रहे थे मोबाइल कॉल सेंटर, दिल्ली पुलिस ने 3 आरोपियों को किया गिरफ्तार
साइबर ठगी के लिए कार में चला रहे थे मोबाइल कॉल सेंटर, दिल्ली पुलिस ने 3 आरोपियों को किया गिरफ्तार
Shraddha Dubey: शिवा शर्मा की हत्या में गिरफ्तार मॉडल श्रद्धा दुबे, उसकी बहन रश्मि का मोबाइल फोन अब तक पुलिस को नहीं मिल सका है। इस फोन में कई अहम राज हो सकते हैं।
Bijnor News: मोबाइल हैक कर फोन-पे से निकाले 90 हजार रुपये
मोबाइल फोन हैक कर फोनपे के माध्यम से बैंक खाते से 90 हजार रुपये निकालने के मामले में पुलिस ने अज्ञात आरोपी के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की है। पीड़ित ने पुलिस को तहरीर देकर कार्रवाई की मांग की थी।
Agra News: चाकू दिखाकर बाइक सवारों ने ऑटो चालक से मोबाइल लूटा
चाकू दिखाकर बाइक सवारों ने ऑटो चालक से मोबाइल लूटा
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Jaunpur News: प्रेमी से शादी की मांग करते हुए मोबाइल टावर पर चढ़ी विवाहिता
Married woman climbed a mobile tower, demanding marriage from her lover
लुधियाना के समराला चौक के नजदीक शिंगार सिनेमा रोड पर एक शातिर चोर ने दुकानदार को बातों में उलझा कर उसका मोबाइल चोरी कर लिया। चोर ग्राहक बनकर दुकान पर आया था। उसने मात्र 15-20 रुपए का सामान खरीदा और फिर दुकानदार का ध्यान भटका कर टेबल पर रखा स्मार्टफोन लेकर फरार हो गया। चोरी की यह पूरी घटना दुकान में लगे CCTV कैमरे में कैद हो गई है। 15 रुपए का सामान लिया, फिर काउंटर के पास आ गया घटना की जानकारी देते हुए मठियां वाले पापा जी दी हट्टी के शिवम खन्ना ने बताया कि उनकी दुकान पर एक व्यक्ति आया। उसने सबसे पहले 15-20 रुपए का कुछ सामान लिया। इसके बाद वह अजीबोगरीब मांग करने लगा कि यह दे दो नहीं वह दे दो।ऐसा करके उसने शिवम को बातों में उलझा लिया और धीरे-धीरे खिसक कर गल्ले (कैश काउंटर) के बिल्कुल पास आ गया। 5 रुपए की टॉफी मांगी और इतनी सफाई से फोन उठाया जैसे अपना हो शिवम ने बताया कि चोर ने आखिर में कहा कि 5 रुपए की टॉफियां और दे दो। जब शिवम टॉफी निकालने के लिए मुड़ा,तो उस शातिर ने टेबल पर रखा ओप्पो A3x 5Gमोबाइल इतने आराम और सफाई से उठा लिया, जैसे वह फोन उसी का हो। वारदात को अंजाम देने के बाद वह तुरंत वहां से चला गया। CCTV फुटेज में चोरी करते आया नजर चोर के जाने के बाद जब शिवम ने देखा तो टेबल पर उनका मोबाइल नहीं था। उन्हें तुरंत शक हुआ। जिसके बाद उन्होंने दुकान में लगे CCTV कैमरों की फुटेज खंगाली। कैमरे की रिकॉर्डिंग में शातिर बड़ी ही चालाकी से टेबल से मोबाइल चोरी करता हुआ साफ नजर आ गया। फिलहाल फुटेज के आधार पर चोर की पहचान की जा रही है।
भोपाल में MLA बंगले के सामने मोबाइल छीना, पलटकर मुस्कुराया और चेतक ब्रिज की ओर भागा
गोविंदपुरा क्षेत्र स्थित भारतीय निकेतन के पास विधायक हेमंत कटारे के बंगले के सामने स्कूटी सवार बदमाश ने जनसंपर्क विभाग के एक कर्मचारी का मोबाइल फोन झपट लिया।
देश में लगातार बढ़ रहे 'डिजिटल अरेस्ट' स्कैम को लेकर सुप्रीम कोर्ट ने गुरुवार को कड़ी नाराजगी जताई। भारत के मुख्य न्यायाधीश (CJI) सूर्यकांत ने सवाल उठाया कि जागरूकता अभियान, मीडिया में खबरों और अदालत के आदेशों के बावजूद पढ़े-लिखे लोग साइबर ठगों के ...
झाबुआ पुलिस ने 106 गुम मोबाइल लौटाए:'ऑपरेशन हेलो' में 1 जनवरी से अब तक 17 लाख के 591 मोबाइल बरामद
झाबुआ पुलिस ने ऑपरेशन हेलो के तहत 106 गुम मोबाइल फोन ट्रेस कर बरामद किए हैं। इनकी अनुमानित कीमत करीब 17 लाख रुपए है। पुलिस ने फोन उनके असली आवेदकों को लौटाए। पुलिस अधीक्षक देवेंद्र पाटीदार के निर्देशन और अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक प्रतिपाल सिंह महोबिया तथा उप पुलिस अधीक्षक कमलेश शर्मा के मार्गदर्शन में जिला साइबर टीम और थानों की पुलिस ने यह काम किया। फोन मध्यप्रदेश के सीमावर्ती इलाकों के अलावा गुजरात और राजस्थान से भी ट्रेस किए गए। बरामद फोन Apple, Vivo, OPPO, Realme, Samsung, Tecno, Infinix और OnePlus कंपनियों के हैं। इनमें करीब 65 हजार रुपए कीमत का Apple iPhone 15 सीरीज का फोन और करीब 5 हजार रुपए कीमत का OPPO A38 शामिल है। बरामद फोन में Apple के 3, Vivo के 41 और OPPO के 32 मोबाइल हैं। झाबुआ पुलिस के मुताबिक, 1 जनवरी 2026 से अब तक कुल 591 गुम मोबाइल फोन बरामद कर उनके आवेदकों को लौटाए गए हैं। इनकी अनुमानित कीमत करीब 95 लाख रुपए है। फोन मिलने पर आवेदकों ने पुलिस का आभार जताया। मेघनगर की शारदा पति विशाल वसुनिया ने बताया कि उन्होंने मोबाइल किस्तों पर खरीदा था। दो महीने पहले मेघनगर हाट में फोन गुम हो गया था, लेकिन उन्हें आर्थिक और बैंकिंग जिम्मेदारियों के चलते किस्तें चुकानी पड़ रही थीं। राणापुर के अनिल पिता गेंदालाल देवड़ा ने बताया कि उन्होंने मजदूरी की कमाई से मोबाइल खरीदा था। थांदला के महेश कटारा का किस्तों पर लिया मोबाइल सात महीने पहले गुम हो गया था। फोन वापस मिलने पर दोनों ने खुशी जताई। पुलिस ने अपील की है कि मोबाइल गुम होने पर साइबर सेल से संपर्क करें या CEIR पोर्टल के जरिए शिकायत दर्ज कराएं।
गंगा बाढ़ नियंत्रण बोर्ड की बैठक में केंद्रीय जल शक्ति मंत्री ने 'पुनः भरण मोबाइल ऐप’ का किया शुभारंभ
झज्जर में मोबाइल फोन हैक होने के बाद बैंक खाते से 90 हजार रुपए की साइबर ठगी के मामले में झज्जर साइबर थाना पुलिस ने पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपी उत्तराखंड और उत्तर प्रदेश के रहने वाले हैं। पुलिस ने पांचों आरोपियों को कोर्ट में पेश किया, जहां से उन्हें न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया। साइबर थाना झज्जर के प्रबंधक निरीक्षक दर्शन सिंह ने बताया कि डीसीपी मुख्यालय फैसल खान के दिशा-निर्देशन में साइबर अपराधियों के खिलाफ कार्रवाई की जा रही है। इसी कड़ी में 28 सितंबर 2026 को साइबर ठगी का मामला दर्ज किया गया था। शिकायतकर्ता ने पुलिस को बताया कि 22 सितंबर को उसका मोबाइल फोन हैक हो गया था। फोन ठीक करवाने के बाद उसे पता चला कि उसके बैंक खाते से कुल 90 हजार रुपए निकाल लिए गए हैं। बैंक से जानकारी लेने पर साइबर धोखाधड़ी का पता चला, जिसके बाद उसने साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर शिकायत दर्ज करवाई। बैंक खाते की जांच से आरोपियों तक पहुंची पुलिस पुलिस ने शिकायत के आधार पर मामला दर्ज कर जांच शुरू की। जांच के दौरान शिकायतकर्ता के बैंक खाते की स्टेटमेंट का अध्ययन किया गया और संबंधित बैंक से रिकॉर्ड जुटाया गया। इसमें पता चला कि ठगी की रकम में से 50 हजार रुपए एक बैंक खाते में ट्रांसफर किए गए थे। इसके बाद पुलिस ने खाते के धारक की पहचान कर जांच आगे बढ़ाई। पुलिस ने सबसे पहले उत्तराखंड के हरिद्वार जिले के गांव नगला कोयल निवासी अमित कुमार को गिरफ्तार किया। उससे पूछताछ के दौरान मिले तथ्यों के आधार पर अन्य आरोपियों की संलिप्तता सामने आई। इसके बाद पुलिस ने नगला कोयल निवासी हर्ष तेज्यान, गांव बुडपुर जट निवासी नितिन और संजू, जिला हरिद्वार (उत्तराखंड) तथा गांव जय भगवानपुर, जिला मुजफ्फरनगर (उत्तर प्रदेश) निवासी टीकू राम को भी गिरफ्तार कर लिया। साइबर ठगी होने पर 1930 पर करें शिकायत निरीक्षक दर्शन सिंह ने बताया कि मामले में आवश्यक कानूनी कार्रवाई की गई है। पांचों आरोपियों को अदालत में पेश करने के बाद न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है। झज्जर पुलिस ने आमजन से अपील की है कि मोबाइल फोन और बैंक खातों की सुरक्षा को लेकर सतर्क रहें। किसी भी संदिग्ध गतिविधि या साइबर धोखाधड़ी का पता चलने पर तुरंत साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर शिकायत दर्ज करवाएं।
ईरान की कंपनी और कराची पोर्ट के अधिकारियों के बीच कोई विवाद था. उसके बाद शिप की बिजली बंद करवा दी गई और सभी लोगों के पासपोर्ट जब्त कर लिए गए. ईरान की कंपनी से विनीत का इसी साल तक का कॉन्ट्रैक्ट था, जो खत्म हो चुका है.
Bihar Farmers 2000 Rupees : प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी बिहार के लाखों किसानों को पीएम किसान सम्मान निधि योजना की 24वीं किस्त का तोहफा देंगे। इसके तहत किसानों के खातों में दो-दो हजार रुपये भेजे जाएंगे, जिसकी सूचना मोबाइल पर दी गई है।
भोपाल में साइबर ठगी के तीन मामलों में महिला, रिटायर्ड आर्मीमैन और एक युवक के खातों से कुल करीब 3.04 लाख रुपए निकाल लिए गए। हबीबगंज थाना क्षेत्र में 66 वर्षीय महिला के व्हाट्सएप पर आई एपीके फाइल खोलने के बाद खाते से 1.60 लाख रुपए निकल गए। कोलार में क्रेडिट कार्ड की NOC के नाम पर रिटायर्ड आर्मीमैन से 94,300 रुपए की ठगी हुई। वहीं, फेसबुक पर विज्ञापन देखकर थर्ड पार्टी ऐप डाउनलोड करने वाले युवक के खाते से 50 हजार रुपए निकल गए। तीनों मामलों में पुलिस ने केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। व्हाट्सएप पर APK फाइल खोलने के बाद 1.60 लाख निकले हबीबगंज थाना क्षेत्र की अरेरा कॉलोनी निवासी अनुराधा कुकरेजा (66) के व्हाट्सएप पर 13 अक्टूबर को किसी अज्ञात नंबर से APK फाइल आई थी। उन्होंने इसे खोल लिया, जिसके बाद उनके मोबाइल का एक्सेस साइबर ठगों तक पहुंच गया। कुछ समय बाद उनके बैंक खाते से करीब 1.60 लाख रुपए निकल गए। खाते से रकम निकलने का पता चलने पर उन्होंने पुलिस से शिकायत की। पुलिस संबंधित मोबाइल नंबर और रकम ट्रांसफर किए गए बैंक खातों की जानकारी जुटा रही है। क्रेडिट कार्ड की NOC के नाम पर 94,300 रुपए की ठगी कोलार के जेके टाउन निवासी रिटायर्ड आर्मीमैन मनोज कुमार यादव (55) को 12 अक्टूबर की दोपहर एक अज्ञात नंबर से कॉल आया। कॉल करने वाले ने क्रेडिट कार्ड की NOC जारी कराने का झांसा दिया और WhatsApp पर लिंक भेजकर उसमें जानकारी भरने को कहा। मनोज ने लिंक खोलकर जानकारी दर्ज कर दी। इसके बाद उनके खाते से करीब 94,300 रुपए निकल गए। बैंक से ट्रांजेक्शन के मैसेज आने पर उन्हें ठगी का पता चला। इसके बाद आरोपी ने अपना मोबाइल बंद कर लिया। फेसबुक विज्ञापन से ऐप डाउनलोड किया, 50 हजार गंवाए कोलार के गणेश नगर निवासी दीपक कुमार कीर प्राइवेट नौकरी करते हैं। 22 अक्टूबर की शाम फेसबुक पर वीडियो देखते समय उन्हें एक विज्ञापन दिखाई दिया। विज्ञापन के जरिए उन्होंने थर्ड पार्टी ऐप डाउनलोड किया। इसके बाद उनका मोबाइल हैक होने और बैंक खाते से 50 हजार रुपए निकलने की जानकारी सामने आई। शिकायत के आधार पर पुलिस मामले की जांच कर रही है। साइबर ठगी से बचने के लिए क्या करें
6 घंटे में मोबाइल स्नैचिंग की वारदात का खुलासा, दिल्ली पुलिस ने दबोचे दो शातिर बदमाश
बाहरी दिल्ली में पुलिस ने दिनदहाड़े हुई मोबाइल स्नैचिंग की वारदात को छह घंटे के भीतर सुलझाते हुए दो आरोपियों सरवन और सौरभ को गिरफ्तार किया है।
जालंधर के रामा मंडी स्थित गुलमोहर एवेन्यू में दिनदहाड़े स्नेचिंग की एक घटना सामने आई है। घर के बाहर सीढ़ियों पर बैठी जसबीर कौर को अकेला पाकर बाइक सवार लुटेरा उनका मोबाइल फोन और सोने की चैन झपटकर रफूचक्कर हो गया। पीड़िता के परिजनों ने बताया कि फोन और चैन की कुल कीमत लगभग ₹1,35,000 थी। घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय थाना रामा मंडी की पुलिस और पीसीआर टीम मौके पर पहुंची और आसपास लगे सीसीटीवी (CCTV) कैमरों की जांच शुरू कर दी है। पीड़िता के परिवार ने लुटेरे की जानकारी देने वाले को ₹10,000 का इनाम देने का भी ऐलान किया है।घर की सीढ़ियों पर बैठी थी पीड़िता पीड़ित महिला जसबीर कोर ने ने बताया कि घटना शाम लगभग 7:00 से 7:15 बजे के बीच की है। महिला जसबीर कौर अपने घर के बाहर सीढ़ियों (थड़ी) पर बैठी हुई थीं और पास में ही उनके बच्चे खेल रहे थे। इसी दौरान एक अज्ञात व्यक्ति काले रंग की स्पलेंडर मोटरसाइकिल पर वहां से गुजरा। उसने पहले इलाके की रेकी की और फिर मौका मिलते ही महिला के पास पहुंचा। एक मिनट में वारदात को दिया अंजाम आरोपी ने महिला को संभलने तक का मौका नहीं दिया। उसने बिना कोई बात किए महज एक मिनट के भीतर महिला के हाथ से लगभग ₹35,000 का मोबाइल फोन छीना और गले से करीब एक तोले की सोने की चैन खींचकर फरार हो गया। पीड़िता ने बताया कि आरोपी का चेहरा ढका हुआ नहीं था और वह बहुत तेजी से मोटरसाइकिल पर निकल गया। घटना के बाद से पीड़ित परिवार और स्थानीय लोग बेहद डरे हुए हैं। परिजनों का कहना है कि अब अपने घर के बाहर बैठना और बच्चों को बाहर खेलने भेजना भी असुरक्षित हो गया है। इलाके में नशे का प्रकोप इतना बढ़ गया है कि नशेड़ी आए दिन ऐसी वारदातों को अंजाम दे रहे हैं। पुलिस ने शुरू की सीसीटीवी कैमरों की जांच घटना की सूचना मिलने के लगभग आधा घंटा बाद थाना रामा मंडी की पुलिस और पीसीआर टीम मौके पर पहुंची। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि पीड़िता के बयान दर्ज कर लिए गए हैं। गली और आसपास के रास्तों पर लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है ताकि आरोपी और उसकी मोटरसाइकिल की पहचान की जा सके और उसे जल्द से जल्द गिरफ्तार किया जाए।
Train News: ट्रेन में रात 11 बजे से सुबह 5 बजे तक बंद रहेंगे मोबाइल चार्जिंग पॉइंट, रेलवे ने सुरक्षा को लेकर लिया फैसला
एक्सप्लेनर: फ्री फायर इंडिया की वापसी में क्या खास, भारत में इस मोबाइल गेम पर पहले क्यों लगा था प्रतिबंध?
मुजफ्फरपुर पुलिस ने राजेपुर ओपी क्षेत्र के अण्डौल पुल के पास छापेमारी कर लूट की साजिश रचने के आरोप में चार लोगों को गिरफ्तार किया। पुलिस ने उनके पास से एक पिस्टल, 6 कारतूस, 2 मैगजीन और 3 मोबाइल फोन जब्त किए। सरैया की अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी (SDPO) अभिजीत कौर ने बताया कि जिले में अपराध रोकने और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए विशेष अभियान चलाया जा रहा है। यह कार्रवाई इसी अभियान के तहत की गई। अभिजीत कौर के मुताबिक, 27 अक्टूबर को राजेपुर ओपी पुलिस को सूचना मिली थी कि कुछ संदिग्ध अण्डौल पुल के पास किसी आपराधिक घटना की तैयारी कर रहे हैं। ग्रामीण पुलिस अधीक्षक की निगरानी और सरैया SDPO के नेतृत्व में छापेमारी टीम बनाई गई। इसमें राजेपुर ओपी प्रभारी भी शामिल थे। टीम ने बताए गए स्थान की घेराबंदी की। पुलिस को देखकर आरोपियों ने भागने की कोशिश की, लेकिन जवानों ने चारों को पकड़ लिया। तलाशी में उनके पास से हथियार और अन्य सामान मिले। इनकी हुई गिरफ्तारी गिरफ्तार लोगों की पहचान मो. नासिर, मो. नन्हे, राजा बाबू और अमन कुमार के रूप में हुई है। पुलिस के मुताबिक, चारों राजेपुर ओपी क्षेत्र के निवासी हैं। इस मामले में साहेबगंज थाने (राजेपुर ओपी) में कांड संख्या 918/26 दर्ज किया गया है। पुलिस आगे की कानूनी कार्रवाई कर रही है। जिलेभर में विशेष अभियान चलाया जा रहा सरैया की अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी (SDPO) अभिजीत कौर ने बताया कि मुजफ्फरपुर के वरीय पुलिस अधीक्षक (SSP) के निर्देशन में जिलेभर में अपराध नियंत्रण और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए विशेष अभियान चलाया जा रहा है। इसी अभियान के तहत पुलिस को यह बड़ी कामयाबी हासिल हुई है। एसडीपीओ अभिजीत कौर के अनुसार, 27 अक्टूबर 2026 को राजेपुर ओपी पुलिस को गुप्त सूचना मिली थी कि कुछ संदिग्ध अपराधी अण्डौल पुल के समीप किसी बड़ी आपराधिक घटना को अंजाम देने की फिराक में जुटे हैं। सूचना की गंभीरता को देखते हुए ग्रामीण पुलिस अधीक्षक के अनुश्रवण और सरैया एसडीपीओ के नेतृत्व में एक विशेष छापेमारी टीम का गठन किया गया, जिसमें राजेपुर ओपी प्रभारी भी शामिल थे।
एक ही ट्रेन में सफर लेकिन चार्जिंग की सुविधा अलग-अलग रहेगी। रेलवे ने सुरक्षा के लिहाज से एसी कोचों में रात 11 बजे से सुबह 5 बजे तक मोबाइल चार्जिंग पॉइंट की बिजली बंद रखने का निर्णय लिया है। वहीं उसी ट्रेन के स्लीपर कोचों में यह सुविधा जारी रहेगी। ऐसे में एसी कोच के यात्रियों को रात में मोबाइल चार्ज करने के लिए पहले से तैयारी करनी होगी। रेलवे का मानना है कि रात में चार्जिंग पॉइंट बंद रखने से बिजली संबंधी जोखिम और आग लगने की आशंका कम करने में मदद मिलेगी। अक्सर यात्री मोबाइल और दूसरे इलेक्ट्रॉनिक उपकरण चार्जिंग पर लगाकर सो जाते हैं। ऐसे में चार्जर या उपकरण में खराबी आने पर समय रहते ध्यान नहीं जा पाता। इसी जोखिम को देखते हुए रात के छह घंटे बिजली आपूर्ति बंद रखने का फैसला लिया गया है। हालांकि, एक ही ट्रेन में एसी और स्लीपर कोचों के लिए अलग व्यवस्था यात्रियों के बीच सवाल खड़ा करती है। लंबी दूरी के यात्रियों को रात में फोन की जरूरत को देखते हुए सोने से पहले चार्जिंग करनी होगी। सफर में चार्जिंग के लिए क्या करें?
Kanpur News: मोबाइल छीन भागे लुटेरों की बाइक फिसली, दोनों घायल, गिरफ्तार
मोबाइल छीन भागे लुटेरों की बाइक फिसली, दोनों घायल, गिरफ्तार
Palwal News: साइबर ठगी के तीन आरोपी गिरफ्तार, मोबाइल और सिम कार्ड बरामद
साइबर ठगी के तीन आरोपी गिरफ्तार, मोबाइल और सिम कार्ड बरामद
Ambala News: रात 11 से सुबह 5 बजे तक मोबाइल चार्जिंग पॉइंट की सुविधा बंद
रात 11 से सुबह 5 बजे तक मोबाइल चार्जिंग पॉइंट की सुविधा बंद
Lalitpur News: मोबाइल व रुपये लूटने में दो को तीन वर्ष की सजा
ललितपुर। नौ वर्ष पहले ललितपुर रेलवे स्टेशन पर हुई लूट के मामले में अदालत ने फैसला सुनाया है। अपर जिला एवं सत्र/विशेष न्यायाधीश (दस्यु प्रभावित क्षेत्र) सुनील सिंह की अदालत ने दो आरोपियों को दोषी ठहराया है। उन्हें तीन-तीन वर्ष के कारावास और
रेलवे बोर्ड ने ट्रेनों में रात 11 बजे से सुबह 5 बजे तक मोबाइल और अन्य इलेक्ट्रॉनिक उपकरण चार्ज करने पर प्रतिबंध लगा दिया है।
सोशल मीडिया वायरल वीडियो में सड़क पर मोबाइल जाल, युवक हुआ महंगे सबक का शिकार
सोशल मीडिया वायरल वीडियो में सड़क पर मोबाइल जाल, युवक हुआ महंगे सबक का शिकार
मेरठ शहर में बाइकर्स गैंग के बदमाशों ने बुधवार दोपहर माल रोड पर दुस्साहसिक वारदात को अंजाम देते हुए दंपती का करीब दो लाख रुपये कीमत का मोबाइल फोन झपट लिया। वारदात के बाद पति ने स्कूटी से बदमाशों का काफी दूर तक पीछा किया लेकिन वह हाथ नहीं आए। सूचना पर पहुंची लालकुर्ती पुलिस ने घटनास्थल के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगालनी शुरू कर दी है। कई घंटे तक मामले को छिपाए रखने के बाद पुलिस ने रात में मुकदमा दर्ज किया। गंगानगर निवासी सनी शर्मा बुधवार दोपहर अपनी पत्नी के साथ आबूलेन पर शॉपिंग करने आए थे। दोनों स्कूटी से घर लौट रहे थे। जैसे ही वह माल रोड स्थित पंडित दीनदयाल उपाध्याय मैनेजमेंट कॉलेज के सामने पहुंचे, पीछे से बाइक पर आए बदमाशों ने उनकी पत्नी के हाथ में मौजूद मोबाइल झपट लिया और तेजी से भाग निकले। अचानक हुई वारदात से दंपती सकते में आ गए। पीछा किया तो मिलिट्री के बंद रास्ते पर लिया यू-टर्नमोबाइल झपटकर बदमाशों के भागते ही सनी ने स्कूटी से उनका पीछा शुरू कर दिया। काफी दूर तक बदमाशों की बाइक के पीछे दौड़ने के बावजूद वह उन्हें पकड़ नहीं सके। इसी दौरान एक स्थान पर मिलिट्री की ओर से रास्ता बंद किया गया था। रास्ता बंद मिलने पर बदमाशों को यू-टर्न लेना पड़ा। इसके बाद वह दोबारा माल रोड की तरफ भाग निकले। इस दौरान सनी और उनकी पत्नी पीछे छूट गए और बदमाश आंखों से ओझल हो गए। मोबाइल छिनते ही रोने लगीं महिलामोबाइल छिनने के बाद सनी की पत्नी बेहद परेशान हो गईं और रोने लगीं। इसके बाद दोनों सीधे सिविल लाइन थाने पहुंचे। महिला को रोते देखकर पुलिसकर्मियों ने पूछताछ की तो उन्होंने मोबाइल झपटने की घटना बताई। महिला ने पुलिस को बताया कि उनके मोबाइल की कीमत करीब दो लाख रुपये थी। स्कूटी पर चलते समय मोबाइल बीच में रखा हुआ था। इसी दौरान बदमाशों की नजर उस पर पड़ गई और पलक झपकते ही वह मोबाइल झपटकर फरार हो गए। सिविल लाइन से लालकुर्ती पुलिस को दी गई सूचनासिविल लाइन पुलिस दंपती से जानकारी मिलने के बाद घटनास्थल पर पहुंची तो पता चला कि वारदात लालकुर्ती थाना क्षेत्र में हुई है। इसके बाद लालकुर्ती पुलिस को सूचना दी गई। लालकुर्ती पुलिस दंपती को साथ लेकर काफी देर तक बदमाशों की तलाश करती रही। एसओ विजय कुमार ने बदमाशों का पता लगाने के लिए एक टीम गठित कर घटनास्थल और आसपास के सीसीटीवी कैमरों को चिह्नित कराया। पुलिस अब फुटेज के जरिए बदमाशों की पहचान और उनकी लोकेशन का पता लगाने में जुटी है। वारदात के कई घंटे बाद रात में मुकदमा दर्ज किया गया।
भभुआ शहर के दतियाव डेयरी फार्म के पास बुधवार को बाइक सवार बदमाशों ने मजदूर ठेकेदार राजू पासवान पर चाकू से हमला कर दिया। बदमाशों ने उन पर चार वार किए और 35 हजार रुपए नकद व मोबाइल फोन लूटकर फरार हो गए। घायल राजू को सदर अस्पताल में भर्ती कराया गया है। भागकर डेयरी फार्म पहुंचे, फिर भी बदमाशों ने पकड़ा राजू पासवान भभुआ थाना क्षेत्र के कबार गांव के रहने वाले हैं। वे सिपाही पासवान के 37 वर्षीय बेटे हैं और मजदूरों की ठेकेदारी करते हैं। बुधवार को वह काम के सिलसिले में घर से निकले थे। राजू के मुताबिक, दतियाव के पास बाइक सवार बदमाशों ने उन्हें घेर लिया। उनसे बचने के लिए वह भागकर डेयरी फार्म के पास पहुंचे, लेकिन बदमाशों ने पीछा कर उन्हें पकड़ लिया। इसके बाद चाकू से चार वार किए। 35 हजार रुपए और मोबाइल लेकर भागे बदमाश राजू ने बताया कि हमला करने के बाद बदमाश 35 हजार रुपए नकद और उनका मोबाइल फोन छीनकर ले गए। जाते समय उन्होंने जान से मारने की धमकी भी दी। घटना की सूचना मिलने पर पुलिस टीम सदर अस्पताल पहुंची और घायल राजू का बयान दर्ज किया। बदमाशों की तलाश में छापेमारी पुलिस अधिकारियों के मुताबिक, मामले की जांच की जा रही है। बदमाशों की पहचान और गिरफ्तारी के लिए संभावित ठिकानों पर छापेमारी शुरू की गई है।
रेलवे के नियम में हुआ बदलाव ,अब रात 11 बजे के बाद ट्रेन में नहीं कर पाएंगे मोबाइल चार्ज, जानिए वजह
रात 11 बजे से सुबह 5 बजे तक सभी कोचों के चार्जिंग पॉइंट बंद रखने के निर्देश दिए हैं।
मुंगेर-जनरल स्टोर से स्मैक और गांजा पकड़ा, 2 अरेस्ट:11 हजार रुपये, दो मोबाइल और पीतल का पाइप भी जब्त
मुंगेर के मुफस्सिल थाना क्षेत्र के सीताकुंड मंदिर के पास स्थित जुनैद जनरल स्टोर में पुलिस ने छापेमारी कर 70 ग्राम स्मैक जैसा पदार्थ और 150 ग्राम गांजा बरामद किया है। पुलिस ने मौके से दो आरोपितों को गिरफ्तार किया। उनके पास से 11 हजार रुपये नकद, दो मोबाइल फोन और एक पीतल का पाइप भी जब्त किया गया है। गुप्त सूचना पर गठित की गई विशेष टीम सदर एसडीपीओ अभिषेक आनंद ने बताया कि पुलिस को सूचना मिली थी कि सीताकुंड मंदिर के पास स्थित जनरल स्टोर में नशीले पदार्थों की खरीद-बिक्री की जा रही है। इसके बाद एसपी सैयद इमरान मसूद के निर्देश पर एसडीपीओ के नेतृत्व में विशेष टीम गठित की गई। टीम में दंडाधिकारी अंजलि को भी शामिल किया गया। दुकान खुलते ही भागने लगा एक आरोपित एसडीपीओ के अनुसार, पुलिस जब मौके पर पहुंची तो दुकान बंद थी। टीम ने चारों ओर से घेराबंदी कर दरवाजा खुलवाया। इसी दौरान एक व्यक्ति भागने लगा, जिसे पुलिस ने खदेड़कर पकड़ लिया। दुकान के अंदर मौजूद दूसरे व्यक्ति को भी हिरासत में लिया गया। तलाशी के दौरान पुलिस ने 70 ग्राम स्मैक जैसा पदार्थ, 150 ग्राम गांजा, 11 हजार रुपये नकद, दो मोबाइल फोन और एक पीतल का पाइप बरामद किया। हत्या और मारपीट के मामलों में जेल जा चुके हैं आरोपित गिरफ्तार आरोपितों की पहचान बरदह गांव निवासी दुकान मालिक मोहम्मद तनवीर उर्फ मजहर गन्नी उर्फ लंगड़ा और मोहम्मद उज्जैर उर्फ टिंकू के रूप में हुई है। एसडीपीओ ने बताया कि दोनों का आपराधिक इतिहास रहा है। तनवीर पूर्व में हत्या के एक मामले में जेल जा चुका है, जबकि उज्जैर मारपीट के मामले में जेल जा चुका है। सप्लायर तक पहुंचने के लिए जांच जारी पुलिस के मुताबिक, पूछताछ के दौरान गिरफ्तार आरोपितों ने कुछ अन्य लोगों के नाम बताए हैं। उनकी पहचान और भूमिका की जांच की जा रही है। पुलिस का कहना है कि मामले से जुड़े सप्लायरों का पता लगाकर गिरफ्तारी की जाएगी। एसडीपीओ ने लोगों से अपील की कि वे अपने इलाके में नशीले पदार्थों की खरीद-बिक्री की जानकारी पुलिस को उपलब्ध कराएं, ताकि ऐसे कारोबार के खिलाफ कार्रवाई की जा सके।
नई दिल्ली। भारतीय रेलवे ने ट्रेनों में आग लगने की घटनाओं और यात्रियों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए मोबाइल फोन और लैपटॉप चार्ज करने की व्यवस्था को लेकर सख्ती बढ़ा दी है। रेलवे बोर्ड ने सभी रेलवे जोन को निर्देश दिया है कि ट्रेनों के एसी कोच में रात 11 बजे से सुबह […] The post ट्रेन में रात 11 बजे के बाद नहीं चार्ज कर सकेंगे मोबाइल और लैपटॉप, रेलवे बोर्ड ने सभी जोन को दिए सख्त निर्देश first appeared on Sanjeevni Today .
किशनगंज शहर के रुइधासा ओवरब्रिज के पास बुधवार को ट्रेन से गिरकर एक युवक गंभीर रूप से घायल हो गया। ट्रेन की चपेट में आने से उसका पैर कट गया। घायल युवक मालदा का रहने वाला है। बताया जा रहा है कि वह ट्रेन से सिलीगुड़ी जा रहा था। घटना की सूचना मिलने पर रेलवे सुरक्षा बल (RPF) की टीम मौके पर पहुंची। टीम ने घायल युवक को सदर अस्पताल पहुंचाया। उसकी गंभीर स्थिति को देखते हुए डॉक्टरों ने बेहतर इलाज के लिए उसे एमजीएम मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया। फिलहाल वहां उसका इलाज चल रहा है। मोबाइल छिनतई के दौरान हादसे की आशंका स्थानीय महिला पगली देवी ने बताया कि इस इलाके में कथित तौर पर ट्रेन से सफर करने वाले यात्रियों के मोबाइल छीनने की घटनाएं होती हैं। उनके मुताबिक, कुछ लोग ट्रेन के पास मोबाइल इस्तेमाल कर रहे यात्रियों को निशाना बनाते हैं। इस दौरान हादसे होने का खतरा भी रहता है। महिला ने दावा किया कि बुधवार को भी तीन से चार लोग कथित तौर पर छिनतई कर रहे थे। इसी दौरान युवक ट्रेन से गिर गया और उसकी चपेट में आने से गंभीर रूप से घायल हो गया। हालांकि, छिनतई और हादसे के बीच संबंध की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। RPF कर रही घटना की जांच आरपीएफ इंस्पेक्टर एचके शर्मा ने बताया कि घायल युवक का एमजीएम मेडिकल कॉलेज में इलाज चल रहा है। उन्होंने कहा कि घटना की जांच की जा रही है। युवक की हालत नाजुक बताई गई है।
ट्रेन में सफर करने वाले यात्रियों के लिए मोबाइल फोन, लैपटॉप और पावर बैंक चार्ज करने से जुड़ी अहम खबर है। रेलवे बोर्ड ने सभी रेलवे जोनों को वर्ष 2014 में जारी उस निर्देश का पालन सुनिश्चित करने को कहा है, जिसके तहत ट्रेनों के कोच में लगे मोबाइल और ...
गुजरात ने खोए हुए 50.75 प्रतिशत मोबाइल फोन किए बरामद, प्रमुख राज्यों में दूसरे स्थान पर रहा
गांधीनगर, 28 अक्टूबर . Gujarat प्रशासन ने ‘सेंट्रल इक्विपमेंट आइडेंटिटी रजिस्टर’ (सीईआईआर) पोर्टल के जरिए खोए या चोरी हुए 50.75 प्रतिशत मोबाइल फोन बरामद किए हैं. इस उपलब्धि…
बेतिया के कालीबाग थाना क्षेत्र के पुरानी गुदरी वार्ड नंबर-9 में किराना दुकान का ताला तोड़कर रुपये चोरी करने के मामले में पुलिस ने दो आरोपितों को गिरफ्तार किया है। इनमें 17 साल का एक किशोर भी शामिल है। पुलिस ने दोनों के पास से चोरी के 1 लाख 29 हजार 70 रुपये और दो मोबाइल फोन बरामद किए हैं। मामले में शामिल तीसरे आरोपित की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी की जा रही है। 25 अक्टूबर की रात दुकान में हुई थी चोरी सदर वन एसडीपीओ अजीत कुमार के अनुसार, 25 अक्टूबर की रात सुमन कुमार वर्णवाल की किराना दुकान में चोरी हुई थी। दुकान उनके अधूरे मकान के निचले हिस्से में संचालित होती है। चोरों ने दुकान का ताला तोड़कर गल्ले में रखे रुपये निकाल लिए थे। दुकानदार ने इस मामले में 3 लाख 36 हजार रुपये चोरी होने की प्राथमिकी दर्ज कराई थी। सीसीटीवी फुटेज से तीन आरोपितों की पहचान एसएसपी कुमार गौतम के निर्देश पर पुलिस ने मामले की जांच शुरू की। जांच के दौरान घटनास्थल और आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगाले गए। फुटेज के आधार पर पुलिस ने एक किशोर समेत तीन लोगों की पहचान की और उनकी गिरफ्तारी के लिए कार्रवाई शुरू की। किशोर से 29 हजार, मनीष से मिले एक लाख रुपये पुलिस ने पहले 17 वर्षीय किशोर को पकड़ा। उसके पास से चोरी के 29 हजार 70 रुपये बरामद हुए। इसके बाद कालीबाग थाना क्षेत्र के वार्ड नंबर-3 निवासी मनीष कुमार को गिरफ्तार किया गया। उसके पास से एक लाख रुपये मिले। दोनों के पास से कुल 1 लाख 29 हजार 70 रुपये और दो मोबाइल फोन जब्त किए गए। पहले भी दर्ज है गृहभेदन का मामला एसडीपीओ ने बताया कि गिरफ्तार आरोपितों का पूर्व से आपराधिक इतिहास रहा है। उनके खिलाफ कालीबाग थाना में गृहभेदन से संबंधित प्राथमिकी पहले भी दर्ज है। तीसरे आरोपित की गिरफ्तारी के लिए पुलिस छापेमारी कर रही है। छापेमारी टीम में एसडीपीओ अजीत कुमार, कालीबाग थानाध्यक्ष प्रदीप कुमार, अपर थानाध्यक्ष सिमरन कुमारी, दारोगा धर्मेंद्र कुमार, जमादार परशुराम कुमार और थाने के रिजर्व गार्ड शामिल थे।
जयपुर में दिल्ली-अजमेर हाईवे पर राहगीरों के साथ मारपीट कर लूटपाट करने वाली गैंग के तीन बदमाशों को हरमाड़ा थाना पुलिस ने बापर्दा गिरफ्तार किया। परिवादी मोहनलाल जांगिड़ (63) निवासी जयरामपुरा जिला सीकर ने 22 अक्टूबर को मामला दर्ज कराया था। इसमें बताया था कि मेरे साथ मारपीट कर मोबाइल फोन और जेब से 7,300 रुपए बदमाशों ने लूट लिए। पुलिस ने आरोपियों से लूटी गई नकदी और दस्तावेज बरामद किए हैं। मोबाइल फोन के संबंध में जांच जारी है। हरमाड़ा थाना प्रभारी नरेंद्र भड़ाना ने बताया- पुलिस ने आरोपी ललित कुमार वर्मा उर्फ टमाटर (20) निवासी रैगर मोहल्ला संजय कॉलोनी गंगापुर सिटी जिला सवाई माधोपुर हाल मुरलीपुरा जयपुर, अंकित कुमार सिंह (22) निवासी नरार जिला मधुबनी बिहार हाल मुरलीपुरा स्कीम जयपुर में किराएदार और गणेश कुमावत उर्फ कान्हा (25) निवासी तिगरिया चौमूं जयपुर हाल मुरलीपुरा को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपियों को ज्यूडिशियल कस्टडी में भेज दिया है। स्लिप लेन से गुजर रहे बुजुर्ग को बनाया था निशाना डीसीपी वेस्ट प्रशांत किरण ने बताया- दिल्ली-अजमेर हाईवे पर नंबर-14 पुलिया स्लिप लेन से पीड़ित मोहनलाल अपने भाई के घर जा रहे थे। इसी दौरान दो बदमाश आए और उनका मोबाइल फोन छीन लिया। विरोध करने और शोर मचाने पर दो-तीन अन्य युवक भी मौके पर पहुंच गए। आरोपियों ने उनके साथ मारपीट की और जेब से 7,300 रुपए निकाल लिए। बदमाश चाकू दिखाकर जान से मारने की धमकी देते हुए फरार हो गए। CCTV फुटेज से आरोपियों की पहचान मामला दर्ज होने के बाद पुलिस की विशेष टीम गठित की गई। पुलिस टीम ने घटनास्थल और आसपास लगे CCTV कैमरों के फुटेज खंगाले। फुटेज के आधार पर संदिग्धों की पहचान कर उन्हें पकड़ा। डीसीपी वेस्ट प्रशांत किरण ने बताया- गिरफ्तार आरोपियों का पूर्व आपराधिक रिकॉर्ड भी सामने आया है। ललित कुमार वर्मा के खिलाफ हरमाड़ा थाने में साल 2024 का एक मामला दर्ज है, जो कोर्ट में विचाराधीन है। अंकित कुमार सिंह के खिलाफ मुरलीपुरा थाने में साल 2024 का चोरी का मामला दर्ज है। वहीं गणेश कुमावत के खिलाफ मुरलीपुरा थाने में आर्म्स एक्ट और आबकारी अधिनियम सहित अन्य मामले दर्ज हैं, जो विचाराधीन हैं।
ट्रेन में रात 11 बजे से सुबह 5 बजे तक मोबाइल चार्जिंग बंद, रेलवे ने सख्ती बढ़ाई; जानें यात्रियों पर क्या होगा असर
अश्विनी वैष्णव ने ब्लूमबर्ग को दिया जवाब, कहा- मोबाइल PLI से सरकार को मिली 3 लाख करोड़ रुपए की GST
केंद्रीय इलेक्ट्रॉनिक्स और आईटी मंत्री अश्विनी वैष्णव ने ब्लूमबर्ग द्वारा भारत की इलेक्ट्रॉनिक्स मैन्युफैक्चरिंग पर उठाए गए सवाल का जवाब देते हुए कहा कि मोबाइल फोन के लिए लाई गई प्रोडक्शन लिंक्ड इंसेंटिव (पीएलआई) स्कीम से देश में बड़े स्तर कर आय और रोजगार सृजित हुए हैं।
वैष्णव ने ब्लूमबर्ग को दिया जवाब, कहा- मोबाइल पीएलआई से सरकार को मिली 3 लाख करोड़ रुपए की जीएसटी
नई दिल्ली, 28 अक्टूबर (आईएएनएस)। केंद्रीय इलेक्ट्रॉनिक्स और आईटी मंत्री अश्विनी वैष्णव ने ब्लूमबर्ग द्वारा भारत की इलेक्ट्रॉनिक्स मैन्युफैक्चरिंग पर उठाए गए सवाल का जवाब देते हुए कहा कि मोबाइल फोन के लिए लाई गई प्रोडक्शन लिंक्ड इंसेंटिव (पीएलआई) स्कीम से देश में बड़े स्तर कर आय और रोजगार सृजित हुए हैं।
जियो की शेयर बाज़ार में एंट्री से क्या ख़त्म हो जाएगा सस्ते मोबाइल इंटरनेट का दौर?
जियो का आईपीओ भारत के इतिहास का सबसे बड़ा आईपीओ है. इसने बुधवार को शेयर बाज़ार में शानदार एंट्री की और लगभग 21 फ़ीसदी प्रीमियम के साथ लिस्ट हुआ.
रणबीर कपूर का मोबाइल नंबर कैमरे में हुआ उजागर? वायरल वीडियो ने बढ़ाए सवाल
रणबीर कपूर का मोबाइल नंबर कैमरे में गलती से उजागर होने का दावा करने वाला वीडियो चर्चा में है। जानिए वायरल क्लिप को लेकर क्या सवाल उठ रहे हैं और अभिनेता के कथित मोबाइल नंबर के सामने आने के दावे की प्रामाणिकता को लेकर क्या जानकारी उपलब्ध है।
Digital Detox: मोबाइल और सोशल मीडिया से लें थोड़ा ब्रेक, अपनों को चिट्ठी लिखकर बनाएं रिश्तों को खास
Digital Detox Tips 2026: आज के डिजिटल दौर में मोबाइल फोन और सोशल मीडिया हमारी जिंदगी का अहम हिस्सा बन चुके हैं। सुबह उठने से लेकर रात को सोने तक लोग WhatsApp, Instagram, Facebook और दूसरे डिजिटल प्लेटफॉर्म पर काफी समय बिताते हैं। किसी को जन्मदिन की शुभकामनाएं देनी हों या अपने दिल की बात कहनी हो, अब ज्यादातर लोग एक छोटा सा मैसेज भेजना पसंद करते हैं। लेकिन क्या आपने कभी सोचा है कि हाथ से लिखी एक चिट्ठी किसी के लिए कितनी खास हो सकती है? डिजिटल दुनिया में जहां लाइक, कमेंट और लगातार स्क्रीन स्क्रॉल करना आम हो गया है, वहीं हाथ से लिखा पत्र रिश्तों में एक अलग तरह का अपनापन जोड़ सकता है। इसी सोच को बढ़ावा देने के लिए डिजिटल डिटॉक्स (Digital Detox) के दौरान लोगों को अपने प्रियजनों के लिए चिट्ठी लिखने की खुशी दोबारा महसूस करने के लिए प्रेरित किया जा रहा है। एक हस्तलिखित पत्र केवल शब्दों का संग्रह नहीं होता, बल्कि उसमें लिखने वाले व्यक्ति का समय, भावनाएं और विचार भी शामिल होते हैं। Digital Detox क्या है और इसकी जरूरत क्यों महसूस हो रही है? डिजिटल डिटॉक्स का मतलब कुछ समय के लिए मोबाइल फोन, सोशल मीडिया और दूसरे डिजिटल उपकरणों के इस्तेमाल को सीमित करना है। इसका उद्देश्य तकनीक को पूरी तरह छोड़ना नहीं, बल्कि उसके इस्तेमाल में संतुलन बनाना है। आज बहुत से लोग काम, पढ़ाई, मनोरंजन और बातचीत के लिए मोबाइल फोन पर निर्भर हैं। लगातार नोटिफिकेशन आने और सोशल मीडिया देखने की आदत के कारण कई बार परिवार और दोस्तों के साथ बिताया जाने वाला समय प्रभावित हो सकता है। ऐसे में डिजिटल डिटॉक्स लोगों को स्क्रीन से थोड़ी दूरी बनाकर वास्तविक जीवन की गतिविधियों पर ध्यान देने का अवसर देता है। किताब पढ़ना, परिवार के साथ बातचीत करना, टहलना या किसी अपने को चिट्ठी लिखना डिजिटल ब्रेक के दौरान अपनाई जा सकने वाली गतिविधियां हैं। हाथ से लिखी चिट्ठी क्यों होती है खास? आज किसी को संदेश भेजने में कुछ ही सेकंड लगते हैं। लेकिन हाथ से पत्र लिखने के लिए व्यक्ति को समय निकालना पड़ता है। उसे सोचना होता है कि वह सामने वाले से क्या कहना चाहता है और अपनी भावनाओं को किस तरह शब्दों में व्यक्त करे। यही प्रयास हस्तलिखित पत्र को खास बनाता है। एक डिजिटल संदेश कई बार दूसरे संदेशों के बीच खो जाता है, लेकिन कागज पर लिखा पत्र लंबे समय तक संभालकर रखा जा सकता है। कई लोग पुराने पत्रों को वर्षों बाद भी पढ़ना पसंद करते हैं, क्योंकि उनसे जुड़ी यादें और भावनाएं उनके लिए महत्वपूर्ण होती हैं। सोशल मीडिया के दौर में बदल गया बातचीत का तरीका पहले परिवार के सदस्यों और दोस्तों के बीच पत्रों के माध्यम से संवाद करना सामान्य बात थी। लोग अपने घर से दूर रहने वाले रिश्तेदारों को चिट्ठियां लिखकर हालचाल पूछते थे। त्योहारों, जन्मदिन और दूसरे खास अवसरों पर शुभकामना पत्र भेजने की भी परंपरा थी। लेकिन मोबाइल फोन और इंटरनेट के विस्तार के बाद बातचीत का तरीका तेजी से बदल गया। अब वीडियो कॉल, वॉयस मैसेज और सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए लोग तुरंत संपर्क कर सकते हैं। इन सुविधाओं ने दूर रहने वाले लोगों के बीच संवाद आसान बनाया है। हालांकि, तेज डिजिटल बातचीत के बीच हाथ से लिखे पत्रों का इस्तेमाल पहले की तुलना में कम दिखाई देता है। अपनों को चिट्ठी लिखने से रिश्तों में कैसे बढ़ सकता है अपनापन? किसी अपने को पत्र लिखना भावनाएं व्यक्त करने का व्यक्तिगत तरीका हो सकता है। जब कोई व्यक्ति अपने माता-पिता, भाई-बहन, दोस्त या जीवनसाथी के लिए समय निकालकर चिट्ठी लिखता है, तो वह अपने विचारों को विस्तार से साझा कर सकता है। कई बार ऐसी बातें, जिन्हें आम बातचीत में कहना मुश्किल लगता है, उन्हें लिखकर व्यक्त करना आसान हो सकता है। पत्र के जरिए किसी पुरानी याद का जिक्र किया जा सकता है, किसी की मदद के लिए धन्यवाद दिया जा सकता है या लंबे समय से मन में मौजूद भावनाओं को साझा किया जा सकता है। हालांकि, रिश्तों की मजबूती केवल पत्र लिखने पर निर्भर नहीं करती। नियमित संवाद, आपसी सम्मान और एक-दूसरे के लिए समय निकालना भी उतना ही महत्वपूर्ण है। डिजिटल डिटॉक्स के दौरान क्या-क्या कर सकते हैं? डिजिटल डिटॉक्स अपनाने के लिए मोबाइल फोन को पूरी तरह बंद करना जरूरी नहीं है। व्यक्ति अपनी दिनचर्या के अनुसार कुछ समय स्क्रीन से दूर रहने का फैसला कर सकता है। उदाहरण के लिए, शाम को कुछ समय सोशल मीडिया देखने के बजाय परिवार के साथ बातचीत की जा सकती है। इसी तरह सप्ताह में एक दिन कुछ समय निकालकर किसी पुराने दोस्त को पत्र लिखा जा सकता है। डिजिटल ब्रेक के दौरान डायरी लिखना, चित्र बनाना, संगीत सुनना, पौधों की देखभाल करना या कोई रचनात्मक गतिविधि अपनाना भी अच्छा विकल्प हो सकता है। महत्वपूर्ण बात यह है कि डिजिटल उपकरणों के इस्तेमाल और व्यक्तिगत जीवन के बीच संतुलन बनाया जाए। चिट्ठी लिखने की शुरुआत कैसे करें? अगर आपने लंबे समय से किसी को पत्र नहीं लिखा है, तो शुरुआत करना मुश्किल नहीं है। सबसे पहले उस व्यक्ति के बारे में सोचें, जिससे आप कुछ खास कहना चाहते हैं। इसके बाद एक कागज और पेन लेकर अपने विचार लिखना शुरू करें। पत्र की शुरुआत सामने वाले का हालचाल पूछकर की जा सकती है। इसके बाद किसी यादगार घटना, साझा अनुभव या मन की बात का जिक्र करें। जरूरी नहीं है कि पत्र बहुत लंबा या साहित्यिक भाषा में लिखा गया हो। साधारण शब्दों में लिखी गई सच्ची भावनाएं भी सामने वाले के लिए महत्वपूर्ण हो सकती हैं। पत्र पूरा होने के बाद उसे लिफाफे में रखकर डाक से भेजा जा सकता है या व्यक्तिगत रूप से दिया जा सकता है। बच्चों और युवाओं को भी सिखाई जा सकती है पत्र लिखने की आदत आज के बच्चे डिजिटल तकनीक के साथ बड़े हो रहे हैं। उनके लिए मोबाइल मैसेज और ऑनलाइन बातचीत सामान्य बात है। ऐसे में पत्र लेखन जैसी गतिविधियां उन्हें संवाद का एक अलग तरीका समझने में मदद कर सकती हैं। स्कूलों और परिवारों में बच्चों को अपने दादा-दादी, नाना-नानी या दोस्तों के लिए पत्र लिखने के लिए प्रोत्साहित किया जा सकता है। इससे बच्चों को अपने विचार व्यवस्थित तरीके से लिखने और भावनाओं को शब्दों में व्यक्त करने का अभ्यास मिल सकता है। इसके अलावा, हस्तलेखन और भाषा संबंधी कौशल विकसित करने के लिए भी पत्र लेखन एक उपयोगी गतिविधि हो सकती है। डिजिटल दुनिया में पुरानी यादों को फिर से करें ताजा तकनीक ने लोगों को आपस में जोड़ने के कई नए रास्ते दिए हैं। आज दूर बैठे व्यक्ति से तुरंत बातचीत करना संभव है। लेकिन इसके साथ ही पुराने संवाद माध्यमों की अपनी अलग अहमियत बनी हुई है। हाथ से लिखी चिट्ठी किसी खास अवसर पर एक व्यक्तिगत उपहार की तरह हो सकती है। जन्मदिन, शादी की सालगिरह, त्योहार या किसी उपलब्धि के मौके पर लिखा गया पत्र यादगार बन सकता है। इस डिजिटल डिटॉक्स के दौरान अपने किसी प्रिय व्यक्ति को चिट्ठी लिखना एक सरल और अर्थपूर्ण पहल हो सकती है। निष्कर्ष डिजिटल डिटॉक्स का उद्देश्य तकनीक से दूरी बनाना नहीं, बल्कि जीवन में संतुलन लाना है। सोशल मीडिया और इंस्टेंट मैसेजिंग के दौर में हाथ से लिखी चिट्ठी अपने विचारों और भावनाओं को व्यक्त करने का एक खास तरीका हो सकती है। एक पत्र लिखने में लगाया गया समय और उसमें साझा की गई यादें सामने वाले के लिए लंबे समय तक महत्वपूर्ण रह सकती हैं। इसलिए अगली बार किसी अपने को खास महसूस कराना चाहें, तो केवल मैसेज भेजने के बजाय एक खूबसूरत चिट्ठी लिखने पर भी विचार करें। संपादकीय नोट: यह लेख डिजिटल डिटॉक्स और हस्तलिखित पत्रों के महत्व पर आधारित एक जागरूकता एवं लाइफस्टाइल फीचर है।
Train mobile charging ban: रेलवे बोर्ड ने दिवाली और छठ से पहले ट्रेनों में रात 11 बजे से सुबह 5 बजे तक मोबाइल और अन्य इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों की चार्जिंग पर प्रतिबंध लगा दिया है। यह फैसला दक्षिण पूर्व रेलवे में एक पावर बैंक फटने की घटना के बाद यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए लिया गया है।
हापुड़ में मोबाइल लूट का खुलासा, दो आरोपी गिरफ्तार; लूटा फोन, बाइक और दो अवैध चाकू बरामद
पुलिस ने ग्रीन पार्क कॉलोनी निवासी आयुष से हुई मोबाइल लूट का खुलासा करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जिनके पास से दो मोबाइल, मोटरसाइकिल और अवैध चाकू बरामद हुए हैं।
काठमांडू में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए 68 किलो से अधिक चांदी के आभूषणों के साथ एक भारतीय नागरिक को गिरफ्तार किया है। पकड़े गए युवक की पहचान बिहार के रक्सौल निवासी 19 वर्षीय अमन सर्राफ के रूप में हुई है।
बच्चे मोबाइल छोड़ें, पेरेंट्स से करें बात: इटली के रेस्तरां ने निकाला अनोखा तरीका
रोम, 28 अक्टूबर (आईएएनएस)। डिजीटल युग में सब व्यस्त हैं। मसरूफियत किसी काम में डूबे रहने की वजह से नहीं बल्कि लोगों की भीड़ में भी खुद में मगन रहने की। इन दिनों स्मार्टफोन इसका बड़ा कारण है। खाने की मेज पर भी अक्सर परिवार का हर सदस्य बिजी रहता है। इस पर लगाम लगाने की गर्ज से इटली के 15 रेस्तरां ने अनोखी पहल की है। सार्डिनिया द्वीप के 15 रेस्तरां अब इस आदत को बदलने की कोशिश कर रहे हैं। यहां परिवारों को खाने की मेज पर फोन दूर रखने और एक-दूसरे से बातचीत करने के लिए प्रोत्साहित किया जाएगा।
ट्रेन में रात 11 बजे के बाद मोबाइल चार्ज नहीं कर पाएंगे यात्री, रेलवे ने फिर सख्त किया नियम
ट्रेन में पावर बैंक फटने की घटना के बाद रेलवे बोर्ड ने रात में मोबाइल चार्जिंग पॉइंट बंद रखने के पुराने नियम का सख्ती से पालन कराने के निर्देश दिए हैं। जानिए यात्रियों के लिए क्या बदलेगा और यह नियम कब से लागू है।
PC: NAVBHARATA LIVE मोबाइल यूज़र्स के लिए एक ज़रूरी अपडेट आया है। अब आपको किसी अनजान नंबर से कॉल आने पर यह जानने के लिए Truecaller जैसे ऐप्स पर निर्भर रहने की ज़रूरत नहीं है कि कौन कॉल कर रहा है। आप आसानी से अपने मोबाइल नंबर से जुड़े व्यक्ति का नाम देख सकते हैं। क्योंकि केंद्र सरकार के डिपार्टमेंट ऑफ़ टेलीकम्युनिकेशंस (DoT) ने कॉलर नेम प्रेजेंटेशन (CNAP) सुविधा को लेकर कदम उठाए हैं। इस सुविधा से, कॉल करने वाले व्यक्ति का नाम सीधे मोबाइल स्क्रीन पर दिखेगा। लेकिन यह दावा कि यह सुविधा 1 नवंबर, 2026 से सभी के लिए ज़रूरी कर दी जाएगी, इसे एक ऑफिशियल नोटिफिकेशन के ज़रिए वेरिफ़ाई करने की ज़रूरत है। CNAP नियम क्या है? CNAP का मतलब है कॉलर नेम प्रेजेंटेशन। इसमें, जब आपके मोबाइल पर कॉल आएगा, तो कॉल करने वाले व्यक्ति का नाम स्क्रीन पर दिखेगा। यह नाम संबंधित टेलीकॉम कंपनी के पास मौजूद कस्टमर्स की रजिस्ट्रेशन डिटेल्स के आधार पर दिखेगा। इसलिए, अगर फ़ोन नंबर कॉन्टैक्ट लिस्ट में सेव नहीं भी है, तो भी यह आपको यह जानकारी पाने में मदद कर सकता है कि कौन कॉल कर रहा है। क्या आप Truecaller के बिना भी कॉलर का नाम समझ सकते हैं? अभी, कई मोबाइल यूज़र अनजान नंबरों की जानकारी पाने के लिए Truecaller जैसे ऐप का इस्तेमाल करते हैं। लेकिन, CNAP सुविधा टेलीकॉम नेटवर्क के ज़रिए काम करेगी, इसलिए अलग कॉलर ID ऐप पर निर्भरता कम हो सकती है। अगर कॉलर का नाम स्क्रीन पर दिखाई देगा, तो ज़रूरी कॉल की पहचान करना भी आसान हो जाएगा। क्या साइबर फ्रॉड पर रोक लगेगी? किसी अनजान कॉलर की पहचान करने में मदद करने से कुछ तरह के फ्रॉड की पहचान करना आसान हो सकता है। लेकिन, सिर्फ़ नाम दिखने से यह न मान लें कि कॉल सुरक्षित है। फ्रॉड करने वाले दूसरों की पहचान का इस्तेमाल कर सकते हैं। इसलिए, किसी को भी OTP, बैंक डिटेल्स या पर्सनल जानकारी न दें। क्या इंटरनेशनल कॉल की भी पहचान हो जाएगी? इंटरनेशनल कॉल के लिए एक अलग सिग्नल या पहचान दिखाई जा सकती है। CNAP की उपलब्धता और काम करने का तरीका मोबाइल नेटवर्क, डिवाइस और लागू नियमों के आधार पर अलग-अलग हो सकता है। इसलिए, यह ज़रूरी है कि 1 नवंबर से सभी मोबाइल पर यह सुविधा उपलब्ध होगी या नहीं, इस बारे में डिपार्टमेंट ऑफ़ टेलीकॉम की ऑफिशियल घोषणा ज़रूर देखें।
समस्तीपुर के दलसिंहसराय में स्वर्ण कारोबारी राजेश कुमार पोद्दार की गोली मारकर हत्या के मामले में अब तक पुलिस को कोई ठोस सुराग नहीं मिला है। हत्या की वजह भी स्पष्ट नहीं हो सकी है। अब पुलिस को सबसे ज्यादा उम्मीद कारोबारी के मोबाइल फोन से है। जांच के दौरान मोबाइल में कुछ लेनदेन से जुड़े रिकॉर्ड और अन्य अहम जानकारियां मिली हैं। पुलिस इन रिकॉर्ड को खंगालकर यह पता लगाने में जुटी है कि राजेश का किन लोगों से आर्थिक लेनदेन था और घटना से पहले वह किन लोगों के संपर्क में थे। सोमवार रात को गोली मारकर की गई थी राजेश की हत्या राजेश पोद्दार की सोमवार रात गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। वह काली चौक स्थित अपनी सोना-चांदी की दुकान बंद कर बाइक से घर लौट रहे थे। इसी दौरान अपराधियों ने उन्हें गोली मार दी। घटना के बाद से पुलिस की कई टीमें अलग-अलग बिंदुओं पर जांच कर रही हैं। दुकान से 50 किलोमीटर आगे तक CCTV खंगाला पुलिस ने कारोबारी की दुकान से लेकर घटनास्थल और उसके आगे करीब 50 किलोमीटर तक के रास्ते में लगे CCTV कैमरों के फुटेज खंगाले हैं। फुटेज में कुछ संदिग्ध लोग भी दिखाई दिए हैं। पुलिस इनकी पहचान करने के साथ यह पता लगाने में जुटी है कि इनका राजेश पोद्दार की हत्या से कोई संबंध है या नहीं। पुलिस की टीम घटनास्थल के आसपास के अलावा कारोबारी के आने-जाने वाले रास्तों और उससे जुड़े इलाकों में भी CCTV फुटेज जुटा रही है। तकनीकी जांच के साथ संदिग्ध मोबाइल नंबरों और कारोबारी के संपर्क में रहे लोगों की जानकारी भी जुटाई जा रही है। परिवार से भी नहीं मिल रही खास जानकारी इस हत्याकांड में परिवार की ओर से भी पुलिस को अब तक कोई ऐसी खास जानकारी नहीं दी गई है, जिससे जांच को स्पष्ट दिशा मिल सके। मंगलवार देर शाम तक मामले में प्राथमिकी भी दर्ज नहीं हो पाई थी। ऐसे में पुलिस फिलहाल तकनीकी साक्ष्य, मोबाइल रिकॉर्ड और CCTV फुटेज के आधार पर आगे बढ़ रही है। पगड़ा गांव में बन रहा था भव्य मकान जांच के दौरान पुलिस की नजर राजेश पोद्दार द्वारा पगड़ा गांव में बनवाए जा रहे नए मकान पर भी है। राजेश का मूल घर सरदारगंज में बताया जा रहा है। इसके बावजूद उन्होंने पगड़ा गांव में जमीन लेकर नया और भव्य मकान बनवाना शुरू किया था। बताया जा रहा है कि आगामी नवंबर में इसी मकान में गृह प्रवेश की तैयारी थी। पुलिस अब यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि मकान के निर्माण को लेकर किसी तरह का विवाद, जमीन से जुड़ा मामला या किसी व्यक्ति से लेनदेन तो नहीं था। हालांकि अभी तक इस एंगल पर कोई स्पष्ट आरोप या ठोस साक्ष्य सामने नहीं आया है। छोटी दुकान, भव्य मकान... कमाई के स्रोत की भी जांच पुलिस इस बात की भी पड़ताल कर रही है कि राजेश पोद्दार की काली चौक के पास छोटी सोना-चांदी की दुकान थी। इसके बावजूद पगड़ा गांव में भव्य मकान का निर्माण कराया जा रहा था। पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि मकान के निर्माण में पैसा कहां से आया और क्या इसका कारोबारी की हत्या से कोई संबंध है। हालांकि पुलिस किसी एक एंगल को हत्या का कारण मानकर जांच नहीं कर रही है। मोबाइल में मिले लेनदेन, दुकान, मकान, जमीन और कारोबारी के संपर्क में रहे लोगों समेत कई बिंदुओं पर एक साथ जांच की जा रही है। मोबाइल में मिले लेनदेन के रिकॉर्ड से उम्मीद एसपी अरविंद प्रताप सिंह ने बताया कि घटना के बाद पुलिस ने कारोबारी का मोबाइल फोन और घटनास्थल से मिले अन्य साक्ष्यों को जब्त किया था। मोबाइल की जांच में कुछ लेनदेन से संबंधित जानकारी और अन्य साक्ष्य मिले हैं। इन सभी बिंदुओं के आधार पर पुलिस टीम अनुसंधान कर रही है। एसपी ने बताया कि मामले की जांच के लिए समस्तीपुर के नए ग्रामीण एसपी भी क्षेत्र में कैंप कर रहे हैं। पुलिस जल्द ही हत्याकांड का खुलासा करने के प्रयास में जुटी है। फिलहाल सबसे बड़ा सवाल यही है कि राजेश पोद्दार की हत्या के पीछे वजह क्या थी—कारोबारी से जुड़ा कोई पुराना विवाद, आर्थिक लेनदेन, जमीन-मकान का मामला या फिर कोई अन्य कारण। पुलिस की जांच इन सभी सवालों के जवाब तलाश रही है।
स्ट्रीमिंग ऐप्स पर Free Live TV चैनल को लेकर सख्ती? TRAI जल्द ला रहा नया कानून
दूरसंचार नियामक जल्द ही स्ट्रीमिंग ऐप्स पर दिखाए जाने वाले फ्री लाइव टीवी चैनल को रेगुलेट करने वाला है। इसे लेकर TRAI ने सरकार को कानून बनाने की सिफारिश दी है।
रैगिंग में मेडिकल कॉलेज के 17 छात्र निलंबित, जूनियरों से मोबाइल नंबर मांगना भी दंडनीय अपराध
जालौन में रैगिंग में मेडिकल कॉलेज के 17 छात्र निलंबित किए गए हैं। प्रत्येक पर 25-25 हजार रुपये का जुर्माना लगाया गया है। कहा गया कि अब जूनियरों से मोबाइल नंबर मांगना भी दंडनीय अपराध है।
फर्द लेने गए युवक से मारपीट, 3 प्राइवेट करिंदों ने छीना मोबाइल और 1500 रुपए
लुधियाना| थाना सदर पुलिस ने गिल गांव स्थित पटवारखाने में एक व्यक्ति के साथ मारपीट करने, उसका मोबाइल और नकदी छीनने के आरोप में तीन प्राइवेट करिंदों (पटवारी के सहायकों) के खिलाफ मामला दर्ज किया है। पुलिस को दी शिकायत में अजय पुत्र धर्मपाल, निवासी मकान नंबर 1909, गली नंबर 8, क्वालिटी चौक, शिमलापुरी,ने बताया कि 26 अक्टूबर 2026 को वह अपने घर की फर्द (जमीन के कागजात) लेने के लिए पटवारखाना गिल गया हुआ था। वहां पटवारखाने में तीन प्राइवेट करिंदे बिंदर, हरपाल और बंब बैठे हुए थे। जब अजय ने फर्द मांगी तो उन्होंने कहा कि आज छुट्टी है। इस पर अजय ने कहा कि आप भी तो यहां बैठे ही हो। इसी बात पर तीनों आरोपी भड़क गए और अजय के साथ मारपीट शुरू कर दी। मारपीट के दौरान आरोपियों ने उसका मोबाइल फोन (जिसके कवर में 1500 रुपए नकद रखे हुए थे) जबरन छीन लिया। जब पीड़ित ने शोर मचाया तो तीनों आरोपी मौके से फरार हो गए। मामले की जांच कर रहे अधिकारी ने बताया कि पीड़ित के बयानों के आधार पर पुलिस ने आरोपियों बिंदर, हरपाल, बंब के खिलाफ बीएनएस के तहत मामला दर्ज कर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है।
पर्यटक युवती का मोबाइल गुमा, पुलिस ने 45 मिनट में ढूंढ़कर वापस सौंपा
उदयपुर | अंबामाता थाना पुलिस ने पर्यटक युवती के गुम हुए मोबाइल को 45 मिनट में तलाश कर वापस सौंप दिया। थानाधिकारी राजेंद्र सिंह चारण ने बताया कि दिल्ली निवासी रुहानी शर्मा 2 दिन पहले 4 सहेलियों के साथ उदयपुर घूमने आई थी। सोमवार सुबह सभी स्कूटी किराए पर लेकर रायता हिल्स घूमने गई थी। वहां से वापस लौटते समय रुहानी की जेब से मोबाइल रास्ते में गिर गया। इसका पता चलने पर वह दोपहर 12 बजे अंबामाता थाने पहुंची और शिकायत दर्ज कराई। साइबर सेल के कांस्टेबल राजकुमार ने लोकेशन निकाली तो मोबाइल अंबावगढ़ में एक मोबाइल के दुकान पर मिला। पूछताछ में पता चला कि किसी व्यक्ति को मोबाइल लाल मगरी में मिला, जो दुकान पर लॉक तोड़ने के लिए दे गया था। फिर पुलिस ने 12:45 बजे मोबाइल लेकर वापस युवती को सौंप दिया। युवतियों ने भी उदयपुर पुलिस का धन्यवाद ज्ञापित किया।
खराब मोबाइल की शिकायत निरस्त की, ब्याज सहित राशि देने का आदेश
उदयपुर | कंपनी को खराब मोबाइल की शिकायत निरस्त करना भारी पड़ गया। अब कोर्ट के आदेश पर कंपनी ग्राहक को मोबाइल की कीमत 6 प्रतिशत वार्षिक ब्याज और क्षतिपूर्ति के 5 हजार रुपए 45 दिन में चुकाने के आदेश दिए। प्रकरण के अनुसार टेकरी लिंक रोड निवासी दिलीप गोराणा ने नई दिल्ली स्थित कंपनी फ्लिपकार्ट जरिए निदेशक के खिलाफ साल 2018 में कोर्ट में परिवाद पेश किया। इसमें बताया कि उन्होंने 3 नवंबर 2017 को कंपनी के ऑनलाइन प्लेटफॉर्म से मोटो ई4 प्लस मोबाइल 9 हजार 999 रुपए में ऑर्डर किया। 5 नवंबर को मोबाइल मिलने के बाद टफन ग्लास लगवाने के लिए दुकान पर गए तो पता चला कि मोबाइल की टच स्क्रीन में खराबी है। उन्होंने 6 नवंबर को कंपनी को मैसेज से इसकी सूचना दी। कंपनी ने 10 नवंबर से पहले नया मोबाइल भिजवाने की बात कही। फिर कंपनी के कहने पर उन्होंने सूरजपोल स्थित लैनेवो सर्विस ऑर्डर पर शिकायत दर्ज करवाई। कंपनी की ओर से कर्मचारी ने मोबाइल की जांच की और फोटो लेकर कंपनी को भेजे। इसके बावजूद कंपनी ने शिकायत खारिज कर दी। उन्होंने कंपनी को कानूनी नोटिस भेजा, लेकिन जवाब नहीं मिला। उन्होंने कोर्ट से मोबाइल की कीमत ब्याज सहित, मानसिक पीड़ा के 50 हजार रुपए और परिवाद व्यय व वकील की फीस के 5 हजार 100 रुपए दिलवाने का आग्रह किया।
रेलवे ने रात 11 बजे से सुबह 5 बजे तक ट्रेनों में मोबाइल फोन चार्जिंग पर रोक लगा दी है। यह फैसला 25 अक्टूबर को मुंबई मेल में पावर बैंक फटने की घटना के बाद यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए लिया गया है।
भारतीय रेल में अब यात्रा के दौरान रात 11 बजे से सुबह 5 बजे तक मोबाइल फोन चार्जिंग पॉइंट की सुविधा नहीं मिलेगी।
Chandigarh News: मां ने मोबाइल रिचार्ज कराने से किया मना, 15 वर्षीय किशोरी ने फंदा लगाकर दी जान
मां ने मोबाइल रिचार्ज कराने से किया मना, 15 वर्षीय किशोरी ने फंदा लगाकर दी जान
Maharajganj News: सात माह में 743 मोबाइल बरामद, 115 फोन मालिकों को सौंपे
सर्विलांस सेल और सीईआईआर पोर्टल की मदद से पुलिस को मिली सफलता
Shamli News: मोबाइल फोन रिपेयरिंग की दुकान में आग, लाखों का नुकसान
नगर के घंटाघर चौक के पास मोबाइल रिपेयरिंग की दुकान में मंगलवार को संदिग्ध परिस्थितियों में आग लग गई।
भारतीय रेलवे ने यात्रियों की सुरक्षा के लिए रात 11 बजे से सुबह 5 बजे तक ट्रेनों में मोबाइल चार्जिंग प्वाइंट बंद रखने का निर्देश दिया है। यह कदम दक्षिण पूर्व रेलवे में चार्जिंग के दौरान पावर बैंक फटने की घटना के बाद उठाया गया है, जिसमें सभी क्षेत्रीय रेलवे को सख्ती से पालन करने को कहा गया है।
रायपुर में सड़क किनारे खड़े युवकों की मदद करना प्रायवेटकर्मी को भारी पड़ गया। आरोपियों ने घेराबंदी करके मोबाइल और पैसे लूटे, पीड़ित के विरोध करने पर दोस्त को चाकू भी मार दिया। पीड़ित का नाम पुलिस द्वारा गजेंद्र यादव बताया जा रहा है। पीड़ित की शिकायत पर पुलिस ने तीन नाबालिग सहित मास्टर माइंड मोहित भरतरा को गिरफ्तार किया है। अब पढ़े क्या है पूरा मामला पुलिस के मुताबिक, प्रार्थी गजेंद्र यादव अपने दोस्त के साथ मोटरसाइकिल से भनपुरी में काम करने के बाद लौट रहा था। शाम करीब 6:30 बजे रामजानकी मंदिर रेलवे फाटक के पास चार लड़कों ने उन्हें रोक लिया। आरोपियों ने मदद के नाम पर पहले मोबाइल फोन मांगा। मोबाइल लेने के बाद जब पीड़ित ने उसे वापस मांगा, तो विवाद शुरू हो गया। इस दौरान आरोपियों ने प्रार्थी के दोस्त के साथ मारपीट की और चाकू दिखाकर धमकाया। एक आरोपी ने उसकी पीठ पर चाकू से वार कर दिया। इसके बाद आरोपी मोबाइल फोन और 2 हजार रुपए लेकर मौके से भाग निकले। घायल को उपचार के लिए अस्पताल ले जाया गया। मोबाइल और चाकू बरामद घटना की रिपोर्ट पर पंडरी पुलिस ने केस दर्ज करके जांच शुरु की और चारों आरोपियों को गिरफ्तार किया। मास्टर माइंड मोहित भरतरा से लूटा हुआ मोबाइल पुलिस ने बरामद कर लिया है। आरोपी को न्यायालय में पेश कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेजा गया है। वहीं तीनों नाबालिगों को किशोर न्याय बोर्ड के समक्ष प्रस्तुत करने की कार्रवाई की जा रही है। पुलिस के अनुसार, इनमें से एक नाबालिग पहले भी आपराधिक गतिविधियों में शामिल रहा है।
27 अक्टूबर, मंगलवार: रोहतास के डालमियानगर स्थित महिला कॉलेज में मंगलवार को स्नातक पांचवें सेमेस्टर की परीक्षा के दौरान मोबाइल लेकर प्रवेश करने से रोके जाने पर परीक्षार्थियों ने विरोध किया। हंगामा बढ़ने से प्रथम पाली में कुछ छात्रों की परीक्षा छूट गई।
लातेहार जिले के चंदवा थाना क्षेत्र के सिकनी के पास रंजन लाल के पेट्रोल पंप पर दोबारा फायरिंग करने की योजना बना रहे तीन अपराधियों को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपी में दीपक लोहरा (हुटाप, चंदवा), पियूष उरांव (चेटर चंदवा) व जितेंद्र यादव उर्फ राहुल यादव (आन,चंदवा) शामिल है। गिरफ्तार आरोपियों के पास से एक देशी पिस्तौल, दो लोडेड जिंदा गोलियां और दो एंड्रॉयड मोबाइल बरामद किए गए हैं। इसकी जानकारी एसडीपीओ संदीप कुमार गुप्ता ने दी। उन्होंने बताया कि 23 अक्टूबर को अपराधियों ने रंजन लाल के पेट्रोल पंप पर रंगदारी मांगने के लिए फायरिंग की थी। इसी दौरान एसपी कुमार गौरव को सूचना मिली कि दीपक लोहरा अपने साथियों के साथ चंदवा के आन गांव स्थित श्मशान घाट में बैठकर पेट्रोल पंप पर फिर से फायरिंग करने की योजना बना रहा है। सूचना के आधार पर एसडीपीओ संदीप कुमार गुप्ता के नेतृत्व में पुलिस टीम गठित की गई। टीम ने छापेमारी अभियान चलाकर तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में आरोपियों ने 23 अक्टूबर को पेट्रोल पंप पर हुई गोलीबारी की घटना में अपनी संलिप्तता स्वीकार की। एसडीपीओ ने बताया कि गिरफ्तार दीपक लोहरा पर छह और पीयूष उरांव पर चार आपराधिक मामले दर्ज हैं। दोनों पहले भी जेल जा चुके हैं। जेल से बाहर आने के बाद वे पेट्रोल पंप संचालकों, ईंट-भट्ठा संचालकों और अन्य लोगों से रंगदारी व लेवी वसूलने के लिए गोलीबारी जैसी घटनाओं को अंजाम दे रहे थे।
अररिया जिले में चोरी या गुम हुए मोबाइल फोन वापस मिलने से लोगों के चेहरे पर खुशी लौट आई। मंगलवार को अररिया एसडीपीओ कार्यालय कक्ष में आयोजित कार्यक्रम के दौरान ऑपरेशन मुस्कान के तहत बरामद किए गए 50 मोबाइल फोन उनके वास्तविक मालिकों को सौंपे गए। लंबे समय से अपने मोबाइल की तलाश कर रहे लोगों को जब उनका फोन वापस मिला, तो उनकी खुशी देखते ही बनी। पुलिस की इस पहल से लोगों को राहत मिली और पुलिस के प्रति उनका भरोसा भी मजबूत हुआ। तकनीकी जांच से बरामद हुए 50 मोबाइल एसडीपीओ सुशील कुमार ने बताया कि ऑपरेशन मुस्कान के तहत चलाए जा रहे विशेष अभियान में आम लोगों के गुम या चोरी हुए 50 मोबाइल फोन बरामद किए गए हैं। सभी मोबाइल फोन का विधिवत सत्यापन करने के बाद उन्हें उनके संबंधित धारकों को सौंप दिया गया। उन्होंने बताया कि जिले में मोबाइल फोन चोरी होने और गुम होने की लगातार मिल रही शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए पुलिस अधीक्षक, अररिया के निर्देश पर यह विशेष अभियान चलाया गया था। अभियान का मुख्य उद्देश्य लोगों के खोए और चोरी हुए मोबाइल फोन की तलाश कर उन्हें वापस दिलाना था। मोबाइल रिकवरी टीम ने निभाई अहम भूमिका इस अभियान में जिला स्तर पर गठित मोबाइल रिकवरी टीम, जिला आसूचना इकाई (डीआईयू) और संबंधित थानों की पुलिस ने अहम भूमिका निभाई। पुलिस टीम ने तकनीकी अनुसंधान के आधार पर मोबाइल फोन की खोजबीन की। लगातार प्रयास और जांच के बाद 50 मोबाइल फोन बरामद करने में सफलता मिली। बरामद मोबाइल फोन की पहचान और जरूरी सत्यापन की प्रक्रिया पूरी करने के बाद उन्हें उनके असली मालिकों को सौंप दिया गया। इससे उन लोगों को राहत मिली, जिन्हें मोबाइल खोने या चोरी होने के कारण परेशानी का सामना करना पड़ रहा था। पुलिस की पहल से लोगों को मिली राहत मोबाइल फोन आज के समय में बातचीत, ऑनलाइन भुगतान, जरूरी दस्तावेज और कई दैनिक कामों के लिए बेहद जरूरी हो गया है। ऐसे में मोबाइल खोने या चोरी होने से लोगों को आर्थिक नुकसान के साथ-साथ कई तरह की परेशानियां भी होती हैं। ऑपरेशन मुस्कान के तहत मोबाइल फोन की बरामदगी और वितरण से लोगों को बड़ी राहत मिली है। पुलिस की इस कार्रवाई से यह संदेश भी गया है कि मोबाइल गुम होने या चोरी होने की शिकायत मिलने पर पुलिस तकनीकी जांच के जरिए उसे बरामद करने का प्रयास करती है। अररिया पुलिस की इस पहल से मोबाइल धारकों में खुशी का माहौल है। लोगों को उम्मीद है कि आगे भी इस तरह के अभियान के जरिए उनके खोए और चोरी हुए मोबाइल फोन वापस दिलाने की कार्रवाई जारी रहेगी।
रात 11 से सुबह 5 बजे तक बंद रहेंगे ट्रेनों के मोबाइल चार्जिंग प्वाइंट, रेलवे बोर्ड का सख्त निर्देश
ट्रेनों में सफर करने वाले यात्रियों को अब रात 11 बजे से सुबह पांच बजे तक मोबाइल चार्जिंग प्वाइंट की सुविधा नहीं मिलेगी। रेलवे बोर्ड ने यात्रियों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए सभी जोनल रेलवे को इस समयावधि में कोचों के मोबाइल चार्जिंग प्वाइंट अनिवार्य रूप से बंद रखने का निर्देश दिया है।
सिवनी जिले के दुर्गापुर गांव में मंगलवार सुबह पुलिस ने एक फार्महाउस पर छापा मारकर जुआ खेल रहे पांच लोगों को पकड़ा। मौके से 1 लाख 4 हजार 200 रुपए नकद, पांच मोबाइल, ताश के 52 पत्ते और तीन धारदार चाकू मिले। जब्त सामान की कुल कीमत 2 लाख 55 हजार 400 रुपए बताई गई है। सूचना मिलने पर पहुंची तीन थानों की पुलिस कुरई थाना प्रभारी कृपाल शाह तेकाम ने बताया कि सहायक उपनिरीक्षक भूपेंद्र नागेश्वर को सूचना मिली थी कि दुर्गापुर के एक फार्महाउस के बरामदे में रुपए लगाकर जुआ खेला जा रहा है। इसके बाद कुरई, कोतवाली और डुंडासिवनी थाने की टीम ने वहां छापा मारा। पुलिस को पांच लोग ताश के पत्तों पर रुपए लगाते मिले। तलाशी के दौरान नकदी, मोबाइल और ताश के पत्ते मिले। फड़ पर बिछे आसमानी रंग के कंबल के नीचे तीन धारदार चाकू भी रखे थे। पुलिस के मुताबिक, ये चाकू सुदेश वर्मा, शब्बीर उर्फ कैलाश डागौर और संतकुमार उर्फ नानू सराठे के पास से मिले। तीनों चाकुओं के वैध दस्तावेज नहीं दिखा सके। सिवनी और आसपास के इलाकों के रहने वाले हैं आरोपी गिरफ्तार लोगों में जितेंद्र डेहरवाल (32), निवासी नयेगांव, कुरई; सुदेश वर्मा (48), निवासी रानीदुर्गावती वार्ड, सिवनी; शब्बीर उर्फ कैलाश डागौर (42), निवासी ललमटिया अंबेडकर वार्ड, सिवनी; संतकुमार उर्फ नानू सराठे (41), निवासी भोमा सालीवाड़ा, कान्हीवाड़ा और आकाश चौकसे (28), निवासी बारापत्थर, सिवनी शामिल हैं। पुलिस ने कुरई थाने में अपराध क्रमांक 465/2026 के तहत सार्वजनिक जुआ अधिनियम की धारा 13, आर्म्स एक्ट की धारा 25 और भारतीय न्याय संहिता की धारा 111(1) में मामला दर्ज किया है। पुलिस नागपुर के जुआरियों की संभावित भूमिका की जांच कर रही है। साथ ही, फार्महाउस मालिक की भूमिका भी जांच के दायरे में है। कार्रवाई पुलिस अधीक्षक कृष्ण लालचंदानी के निर्देशन में हुई। इसमें अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक दीपक मिश्रा, एसडीओपी बरघाट जितेंद्र जाट और एसडीओपी सिवनी चंचलेश मरकाम का मार्गदर्शन रहा।
रायगढ़ के केलो डैम में घूमने गए युवक-युवती के साथ मारपीट कर मोबाइल और कैश लूटने के मामले में फरार आरोपी को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। इससे पहले पुलिस 3 आरोपियों को गिरफ्तार कर चुकी थी। मामला कोतवाली थाना क्षेत्र का है। पुलिस के मुताबिक, जोगीडीपा निवासी सानू सारथी (22) ने 12 अक्टूबर को कोतवाली थाने में शिकायत दर्ज कराई थी। उसने बताया कि 11 अक्टूबर की शाम वह अपनी महिला मित्र के साथ बुलेट से केलो डैम घूमने गया था। शाम को लौटते समय 3-4 अज्ञात युवक वहां पहुंचे। उन्होंने युवती के साथ घूमने को लेकर सवाल किए और सानू के साथ मारपीट करने लगे। इसके बाद आरोपियों ने सानू की जेब से 1,500 रुपए, उसका आईफोन 12 मिनी और युवती का मोटोरोला मोबाइल लूट लिया। आरोपी बुलेट की चाबी भी फेंककर फरार हो गए। पहले तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया शिकायत के बाद पुलिस ने केस दर्ज कर जांच शुरू की। घटनास्थल का निरीक्षण करने के साथ ही पीड़ित और गवाहों से पूछताछ की गई। आरोपियों के हुलिए के आधार पर उनकी तलाश शुरू की गई। इस दौरान पुलिस ने इंदिरा नगर निवासी सोहेल अंसारी (23), उर्दना डीपापारा निवासी रणवीर कुमार (22) और कुरमापाली निवासी रामकुमार मेहता (24) को गिरफ्तार किया। रामकुमार मेहता के कब्जे से लूटा गया आईफोन 12 और वारदात में इस्तेमाल बाइक जब्त की गई थी। गैरेज में पंचर बनाने का काम करता था आरोपी पूछताछ में रामकुमार मेहता ने बताया कि युवती से लूटा गया मोटोरोला मोबाइल फरार साथी मोहम्मद मोफिद आलम (20), निवासी राजीवनगर मिट्ठूमुड़ा, के पास है। पुलिस को जानकारी मिली कि मोफिद उर्दना-रायगढ़ मार्ग स्थित एक गैरेज में पंचर बनाने का काम करता है। वारदात के बाद से वह दुकान और घर से गायब था। पुलिस उसकी तलाश कर रही थी। इसी दौरान आरोपी के दुकान पर दिखाई देने की सूचना मिली, जिसके बाद पुलिस टीम ने दबिश देकर उसे गिरफ्तार कर लिया। लूटा गया मोबाइल और बाइक जब्त कार्यपालिक मजिस्ट्रेट के समक्ष पहचान संबंधी कार्रवाई के बाद पूछताछ में आरोपी ने अपने साथियों के साथ मिलकर वारदात करना स्वीकार किया। पुलिस ने उसके कब्जे से युवती का लूटा हुआ मोटोरोला मोबाइल, वारदात में इस्तेमाल स्प्लेंडर मोटरसाइकिल और उसका मोबाइल फोन जब्त किया। पुलिस ने आरोपी मोहम्मद मोफिद आलम को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया है। अपराधियों पर कार्रवाई जारी रहेगी एसएसपी शशि मोहन सिंह ने बताया कि अपराध कर कानून से बचने की कोशिश करने वालों के खिलाफ पुलिस की कार्रवाई लगातार जारी रहेगी। आम नागरिकों की सुरक्षा और उनके खिलाफ होने वाले अपराधों पर त्वरित कार्रवाई करना पुलिस की प्राथमिकता है। इस मामले में सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया है।
IIT मद्रास के छात्र का कमाल, बनाया Apps की गलती ठीक करने वाला AI, जीते 9.5 लाख रुपये
दीपांकर को यह पुरस्कार शिपगार्ड (ShipGuard) नाम का AI आधारित सिस्टम बनाने के लिए मिला है। बता दें कि यह सिस्टम iOS ऐप में मौजूद टेक्निकल गड़बियों की पहचान करने और उन्हें ठीक करने में मदद करता है।
सीवान में 5 घंटे तक मोबाइल टावर पर रही युवती:प्रेमी ने ऊपर चढ़कर समझाया, 10 मिनट बाद नीचे उतरी
सीवान में मंगलवार को एक युवती मोबाइल टावर पर चढ़ गई। घटना मैरवा थाना क्षेत्र के पटखौली गांव की है। युवती को टावर पर चढ़ा देखकर आसपास के गांवों में भी इसकी खबर फैल गई और देखते ही देखते घटनास्थल पर हजारों ग्रामीणों की भीड़ जुट गई। सूचना मिलने पर मैरवा थाने की पुलिस मौके पर पहुंची और युवती को सुरक्षित नीचे उतारने का प्रयास शुरू किया। घंटों की मशक्कत के बाद भी जब युवती नीचे नहीं उतरी, तो पुलिस ने उसके प्रेमी को मौके पर बुलाया। प्रेमी के टावर पर चढ़कर समझाने के करीब 10 मिनट बाद युवती नीचे उतरने के लिए तैयार हो गई। इसके बाद पुलिस दोनों को सुरक्षित थाने ले गई। सुबह 5:30 बजे टावर पर चढ़ी युवती प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, युवती सुबह करीब 4:30 बजे पटखौली गांव स्थित मोबाइल टावर के पास घूम रही थी। इसके बाद करीब पांच बजे वह टावर पर चढ़ गई। सुबह 5:30 बजे के आसपास लोगों की नजर टावर पर चढ़ी युवती पर पड़ी। इसकी जानकारी फैलते ही घटनास्थल पर लोगों की भीड़ बढ़ने लगी। देखते ही देखते हजारों की संख्या में ग्रामीण वहां जमा हो गए। इसके बाद स्थानीय लोगों ने इसकी सूचना मैरवा थाने को दी। मौके से आई तस्वारें… पुलिस ने घंटों समझाने की कोशिश की सूचना मिलते ही थानाध्यक्ष राहुल कुमार पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने युवती को नीचे उतारने के लिए काफी देर तक प्रयास किया और उसे समझाने-बुझाने की कोशिश की। हालांकि,कई घंटे बीत जाने के बाद भी युवती टावर से नीचे उतरने को तैयार नहीं हुई। सुबह करीब 10 बजे तक स्थिति बनी रहने के बाद पुलिस ने उसके प्रेमी नीरज कुमार को सूर्यपुरा गांव से मौके पर बुलाया। 4 साल से चल रहा था अफेयर बताया जाता है कि युवती और नीरज कुमार के बीच करीब चार वर्षों से प्रेम प्रसंग चल रहा था। मौके पर पहुंचने के बाद नीरज ने पहले नीचे से ही युवती को आवाज देकर समझाने का प्रयास किया, लेकिन वह नीचे नहीं आई। इसके बाद नीरज स्वयं मोबाइल टावर पर चढ़ गया और युवती से बातचीत करने लगा। करीब 10 मिनट तक समझाने-बुझाने के बाद युवती नीचे उतरने के लिए तैयार हो गई। इसके बाद दोनों को सुरक्षित नीचे उतार लिया गया।
महराजगंज की पुलिस ने सर्विलांस सेल की मदद से गुमशुदा और खोए हुए 115 मोबाइल फोन बरामद किए हैं। इनकी अनुमानित कीमत करीब 28 लाख रुपये बताई गई है। मंगलवार को पुलिस अधीक्षक शक्ति मोहन अवस्थी ने बरामद मोबाइल उनके वास्तविक मालिकों को सौंपे। लंबे समय बाद अपना खोया फोन वापस पाकर लोगों के चेहरे खिल उठे। उन्होंने पुलिस और एसपी के प्रति आभार जताया। एसपी शक्ति मोहन अवस्थी ने बताया कि मोबाइल बरामदगी के लिए विशेष अभियान चलाया गया। इसमें सीईआईआर (CEIR) पोर्टल और सर्विलांस सेल की मदद ली गई। टीम ने आईएमईआई (IMEI) नंबर के आधार पर ट्रैकिंग और आधुनिक तकनीकी संसाधनों के जरिए विभिन्न कंपनियों के स्मार्टफोन का पता लगाया। इसके बाद अलग-अलग स्थानों से मोबाइल बरामद किए गए और उनके वास्तविक मालिकों की पहचान कर फोन सौंप दिए गए। सात महीने में 743 मोबाइल बरामद एसपी ने बताया कि पिछले सात महीनों में जिले की पुलिस ने कुल 743 खोए और गुमशुदा मोबाइल फोन बरामद किए हैं। इनकी अनुमानित कीमत करीब ढाई करोड़ रुपये है। पुलिस ने अलग-अलग राज्यों और जनपदों से मोबाइल तलाश कर बरामद किए। सत्यापन के बाद उन्हें उनके वास्तविक स्वामियों को सौंप दिया गया। मोबाइल वापस मिलने पर लोगों ने जताया आभार खोया हुआ मोबाइल वापस मिलने पर लोगों ने खुशी जताई और महराजगंज पुलिस की कार्रवाई की सराहना की। मोबाइल फोन में व्यक्तिगत जानकारी और जरूरी दस्तावेज होने के कारण उन्हें वापस पाना लोगों के लिए राहत भरा रहा। मोबाइल गुम होने पर तत्काल शिकायत करें एसपी ने लोगों से अपील की कि मोबाइल फोन गुम या चोरी होने पर तुरंत नजदीकी थाने में शिकायत दर्ज कराएं और जरूरी प्रक्रिया पूरी करें। इससे तकनीकी माध्यमों से मोबाइल को ट्रैक करने में मदद मिल सकती है। उन्होंने मोबाइल बरामदगी अभियान में अहम भूमिका निभाने वाली टीम के कार्य की सराहना करते हुए 25 हजार रुपये का इनाम देने की घोषणा की।
Siwan News: कोइरीगांवा में मोबाइल कंपनी के टावर में भीषण आग, शॉर्ट सर्किट से उपकरण जलकर राख
27 अक्टूबर, मंगलवार: सीवान जिले के बड़हरिया-सीवान मुख्य मार्ग पर करबला बाजार के उत्तर कोइरीगांवा स्थित ग्रामीण बैंक के पीछे मोबाइल कंपनी के टावर में भीषण आग लग गई। सूचना पर 112 पुलिस और दमकल की टीम पहुंची और आग पर काबू पाया। शॉर्ट सर्किट को आग लगने का कारण बताया जा रहा है।
एपल के पहले फोल्डेबल फोन आईफोन डुओ की स्क्रीन में परेशानी आ रही है। फोन की अंदर की स्क्रीन के टूटने और क्रैक होने की शिकायतें आ रही हैं। एपल ने भी यह बात मानी है। इस फोन्स की कीमत 3 लाख से 4.5 लाख रुपए के बीच है। आईफोन डुओ में यह डैमेज ज्यादातर उसी जगह पर हो रहा है, जहां से फोन बीच में मुड़ता है (सेंट्रल हिंज)। अधिकतर यूजर्स का कहना है कि फोन को पहली बार खोलने और इस्तेमाल करने के कुछ ही समय बाद स्क्रीन अपने आप खराब हो गई। एपल ने सोमवार को इस बारे में कहा कि हमें आईफोन डुओ की कुछ यूनिट्स की इनर डिस्प्ले में आ रही समस्या की जानकारी है। यह खराबी कुछ ही फोन्स में आई है। कंपनी इन्हें रिप्लेस करके यूजर को नया फोन देगी। यूजर कैसे पा सकते हैं फ्री रिप्लेसमेंट? कंपनी ने ग्राहकों को सलाह दी है कि यदि वे अपने आईफोन डुओ की स्क्रीन में कोई समस्या देखते हैं, तो वे तुरंत रिप्लेसमेंट के लिए AppleCare से संपर्क करें। एपल ने 9 सितंबर को अपना पहला फोल्डेबल फोन आईफोन डुओ लॉन्च किया था। सबसे बड़ा डिस्प्ले, सबसे महंगा आईफोन आईफोन डुओ में 5.4-इंच का कवर डिस्प्ले और अंदर 7.6-इंच की मेन स्क्रीन है, जो अब तक के किसी भी आईफोन का सबसे बड़ा डिस्प्ले है। डुओ एपल का अब तक का सबसे महंगा आईफोन है। इसकी शुरुआती कीमत करीब 3 लाख रुपए है, जबकि टॉप मॉडल की कीमत 4.50 लाख रुपए तक जाती है। --------------------------------------------------------- टेक-ऑटो से जुड़ी ये खबर भी पढ़ें… मस्क के ग्रोक ने बनाई 7-मिनट की AI फिल्म: ग्रीक की प्राचीन कहानी होमर्स ओडिसी पर बेस्ड है मूवी इलॉन मस्क के AI प्लेटफॉर्म 'ग्रोक' ने फिल्म मेकिंग में एंट्री कर ली है। मस्क ने कुछ समय पहले दावा किया था कि वे साल के अंत तक एक फुल-लेंथ AI फिल्म बनाएंगे। उस वादे के तीन महीने बाद 'ग्रोक इमेजिन' के X हैंडल से 7 मिनट का एक वीडियो शेयर किया है। पूरी खबर पढ़ें…
धनबाद मंडल कारा में देर रात सुरक्षा व्यवस्था और संभावित गड़बड़ियों की जांच के लिए औचक छापेमारी की गई। डीसी आदित्य रंजन और एसएसपी प्रभात कुमार के नेतृत्व में करीब 150 जवानों की सात टीमों ने जेल परिसर में तलाशी अभियान चलाया। इस दौरान जेल के सभी वार्डों और बाथरूम की जांच की गई। छापेमारी के दौरान कैदियों के पास से ड्राईफ्रूट्स और कागजों पर लिखे मोबाइल नंबर मिले। अधिकारियों ने इन वस्तुओं और नंबरों के मिलने को लेकर जांच कराने की बात कही है। तलाशी अभियान का उद्देश्य जेल के भीतर सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लेना और किसी तरह की अनियमितता का पता लगाना था। जेल में बंद कैदियों के पास मोबाइल नंबर लिखे कागज मिलने के बाद यह जांच की जाएगी कि ये नंबर किसके हैं और कैदियों तक कैसे पहुंचे। वहीं, ड्राईफ्रूट्स जेल के भीतर किस माध्यम से पहुंचे, इसकी भी पड़ताल की जाएगी। फिलहाल इन वस्तुओं के मिलने के संबंध में किसी निष्कर्ष की जानकारी सामने नहीं आई है। मेडिकल वार्ड में भर्ती मिले 40 कैदी छापेमारी के दौरान जेल के मेडिकल वार्ड में करीब 40 कैदी भर्ती मिले। इतनी बड़ी संख्या में कैदियों के मेडिकल वार्ड में होने पर अधिकारियों ने जानकारी लेने की बात कही है। जेल प्रशासन से पूछा जाएगा कि इन कैदियों को किन कारणों से मेडिकल वार्ड में रखा गया है और उनके इलाज की स्थिति क्या है। साथ ही यह भी जांच की जाएगी कि कहीं स्वस्थ कैदियों को अनावश्यक रूप से मेडिकल वार्ड में भर्ती रखकर चिकित्सा सुविधाओं का गलत इस्तेमाल तो नहीं किया जा रहा है। हालांकि, फिलहाल यह स्पष्ट नहीं है कि मेडिकल वार्ड में भर्ती सभी कैदी स्वस्थ हैं या उन्हें किसी बीमारी के कारण इलाज की जरूरत है। इस संबंध में जेल प्रशासन से जानकारी लेने के बाद ही स्थिति स्पष्ट हो सकेगी। अधिकारियों की ओर से मेडिकल वार्ड में कैदियों की संख्या और उनकी भर्ती के कारणों की जांच किए जाने की बात कही गई है। इसके अलावा कैदियों के पास ड्राईफ्रूट्स मिलने के मामले में भी यह पता लगाया जाएगा कि जेल के भीतर उन तक ये सामान कैसे पहुंचा। प्रिंस खान का भाई बंटी खान समेत कई गुर्गे बंद धनबाद मंडल कारा में गैंगस्टर प्रिंस खान का भाई बंटी खान समेत उसके कई गुर्गे बंद हैं। जेल में सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा और संभावित गड़बड़ियों का पता लगाने के लिए यह औचक छापेमारी की गई। डीसी और एसएसपी की मौजूदगी में बड़ी संख्या में जवानों द्वारा जेल के सभी वार्डों और बाथरूम की तलाशी लिए जाने से जेल प्रशासन की व्यवस्था की भी जांच हुई। कागजों पर लिखे मोबाइल नंबर, कैदियों के पास मिले ड्राईफ्रूट्स और मेडिकल वार्ड में करीब 40 कैदियों की मौजूदगी अब जांच के प्रमुख बिंदु हैं। अधिकारियों ने इन सभी मामलों में जानकारी जुटाने की बात कही है। जांच के दौरान यह पता लगाया जाएगा कि जेल के भीतर प्रतिबंधित या संदिग्ध सामान पहुंचने के पीछे कोई अनियमितता तो नहीं है। साथ ही मेडिकल वार्ड में कैदियों को रखने की प्रक्रिया और चिकित्सा सुविधाओं के इस्तेमाल की भी पड़ताल की जाएगी। फिलहाल छापेमारी में मिली वस्तुओं को लेकर जांच की प्रक्रिया आगे बढ़ाई जानी है।
छत्तीसगढ़: मोबाइल खरीदने के लिए मांगे थे रुपये, नहीं मिले तो ट्रेन के सामने कूदकर दी जान
सूरजपुर जिले के महावीरपुर में 26 वर्षीय गोलू बरगाह ने नया एंड्रॉइड मोबाइल खरीदने के लिए मां से रुपये मांगे। मां के असमर्थता जताने पर उसने ट्रेन के सामने छलांग लगा दी। अस्पताल में डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
मोबाइल फोन चोरी होने के बाद तीन जीमेल खातों तक पहुंच खो चुके 19 वर्षीय इंजीनियरिंग छात्र ने निजी डाटा बचाने के लिए पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया है।
PK की जन सुराज पार्टी के डिजिटल कम्युनिकेशन मैनेजर चलती ट्रेन से गायब, मोबाइल फोन भी बंद
झारखंड के रांची में चलती ट्रेन से यूपी के रहने वाले 31 वर्षीय व्यक्ति के संदिग्ध परिस्थितियों में गायब होने का मामला सामने आया है। गायब हुए व्यक्ति का नाम देवपालिक गुप्ता है, जो प्रशांत किशोर की जन सुराज पार्टी के डिजिटल कम्युनिकेशन मैनेजर हैं।
बीके शिवानी ने दीपावली तक क्रोध न करने, सुबह मोबाइल से दूर रहने और ध्यान करने का संदेश दिया। उन्होंने मन की स्वच्छता, सकारात्मक विचारों और बच्चों को भावनात्मक संबल देने पर जोर दिया, जिससे जीवन में वास्तविक सुख मिले।
जिले के विभिन्न थाना क्षेत्रों में गुम हुए 48 मोबाइल फोन बरामद
भास्कर न्यूज| चाईबासा पश्चिमी सिंहभूम जिला पुलिस ने गुम हुए 48 मोबाइल फोन की बरामदगी के बाद सोमवार को वितरण कार्यक्रम आयोजित किया। सभी मोबाइल उनके वास्तविक मालिकों को सौंप दिए गए। पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर सीईआईआर पोर्टल के माध्यम से जिले के विभिन्न थाना क्षेत्रों में गुम हुए मोबाइल फोन की तलाश के लिए लगातार तकनीकी अनुसंधान और कार्रवाई की गई। इस अभियान के तहत कुल 48 गुम मोबाइल फोन बरामद किए गए। पुलिस अधीक्षक कार्यालय में प्रशिक्षु आईपीएस राजकुमार जयराजू ने यह जानकारी दी। उन्होंने बताया कि पुलिस उपाधीक्षक (मुख्यालय) पूजा कुमारी के नेतृत्व में जिले के विभिन्न थाना प्रभारियों के सहयोग से मोबाइल फोन बरामद करने में सफलता मिली। बरामद सभी मोबाइल फोन प्रशिक्षु आईपीएस अधिकारी राजकुमार जयराजू, एएसपी अभियान राहुल देव बड़ाईक, पुलिस उपाधीक्षक पूजा कुमारी ने वास्तविक मालिकों को सौंप दिए। लंबे समय से अपने गुम मोबाइल फोन की तलाश कर रहे धारकों को जब उनके फोन वापस मिले, तो सभी ने खुशी जाहिर की। उन्होंने पश्चिमी सिंहभूम पुलिस के प्रति आभार व्यक्त किया। प्रशिक्षु आईपीएस राजकुमार जयराजू ने कहा कि यह अभियान जनता के विश्वास और सुरक्षा के प्रति हमारी प्रतिबद्धता को दर्शाता है। खरसावां। खरसावां वन क्षेत्र में जंगली हाथियों की आवाजाही से ग्रामीणों में दहशत बढ़ गई है। रविवार रात लाल बाजार गांव में एक जंगली हाथी घुस आया। हाथी ने नव प्राथमिक विद्यालय लाल बाजार को निशाना बनाया। आधी रात करीब 12 से 1 बजे के बीच स्कूल परिसर में प्रवेश कर उसने रसोईघर का दरवाजा तोड़ दिया। इसके बाद स्कूल कार्यालय की खिड़की तोड़कर अंदर रखे सामान तक पहुंचने की कोशिश की। इसी दौरान हाथी ने बच्चों के मध्याह्न भोजन के लिए रखा एक बोरा चावल खा लिया। सुबह स्कूल खुलने पर नुकसान का पता चला। घटना के बाद ग्रामीणों और विद्यालय से जुड़े लोगों में चिंता बढ़ी है। ग्रामीणों ने रात में सतर्क रहने और हाथियों के पास न जाने की अपील की है। सरायकेला। राजनगर प्रखंड स्थित बनकटी गांव में खेल मैदानों को नशामुक्त बनाने की पहल शुरू की गई है। आदिवासी किसान क्लब ने पंचायत से प्रखंड स्तर तक जनजागरूकता अभियान चलाने का निर्णय लिया है। मुखिया निमाई सोरेन के नेतृत्व में 31 अक्टूबर से 1 नवंबर तक होने वाली फुटबॉल व अन्य खेल प्रतियोगिताओं में नशे की बिक्री और खपत पर रोक लगाने की योजना है। नशा सेवन कर प्रतियोगिता में शामिल होने वाले खिलाड़ियों को अनुमति नहीं दी जाएगी। क्लब अध्यक्ष देव कुमार सोरेन और सचिव सालखान हेंब्रम ने बताया कि ग्रामीणों की बैठक में सहमति से फैसला हुआ। सोमवार को प्रतिनिधिमंडल ने शंकर सोय के साथ अनुमंडल कार्यालय जाकर प्रशासन से सहयोग मांगा।
चोरी के मोबाइल बेचने के लिए ग्राहकों का इंतजार कर रहे 5 आरोपी गिरफ्तार
लुधियाना| शहर में मोबाइल झपटमारी और चोरी के मामलों में थाना डिवीजन नंबर-1 की पुलिस ने 25 अक्टूबर को गश्त के दौरान मिली सूचना के आधार पर फायर ब्रिगेड कार्यालय के पीछे से पांच लोगों को गिरफ्तार किया। पुलिस के मुताबिक, आरोपी चोरी के मोबाइल फोन बेचने के लिए ग्राहकों का इंतजार कर रहे थे। उनके कब्जे से अलग-अलग कंपनियों के पांच मोबाइल फोन और एक ऑटो बरामद किया गया। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ बीएनएस के तहत केस दर्ज किया है। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान हनी पुत्र बिट्टू, निवासी मकान नंबर 126, 33 फुट्टा रोड, राम नगर, मुंडियां खुर्द, संदीप सिंह पुत्र जगीर सिंह, निवासी मंदिर वाली गली, शेरपुर,राजू राजन सिंह पुत्र श्याम सुंदर सिंह, निवासी पुलिस कॉलोनी, जमालपुर, पिंटू पटेल पुत्र गौरी शंकर, निवासी 33 फुट्टा रोड, पीपल चौक के नजदीक और विक्की पुत्र योगेश चौहान, निवासी गली नंबर 2, रणजीत नगर, के रूप में हुई है। पुलिस अब आरोपियों से पूछताछ कर रही है कि बरामद मोबाइल फोन कहां से चोरी किए गए थे और क्या वे अन्य वारदात में भी शामिल रहे हैं।
रेवाड़ी रेलवे जंक्शन पर ट्रेन पकड़ने के लिए प्लेटफॉर्म, टिकट घर या वेटिंग हॉल तलाशने में यात्रियों को भटकना नहीं पड़ेगा। स्टेशन पर डिजिटल मार्गदर्शक लगाने की योजना को मंजूरी मिल गई है। इसके लिए मुख्य प्रवेश क्षेत्र में टच-स्क्रीन कियोस्क लगाए जाएंगे, जिन पर स्टेशन का नक्शा और विभिन्न सुविधाओं तक पहुंचने का रास्ता दिखाई देगा। यात्री स्क्रीन पर संबंधित सुविधा चुनकर उसका रास्ता जान सकेंगे और क्यूआर कोड स्कैन करके अपने मोबाइल पर भी दिशा देख सकेंगे। उत्तर पश्चिम रेलवे के जयपुर मंडल की इस योजना में रेवाड़ी के साथ अलवर जंक्शन को भी शामिल किया गया है। रेलवे का लक्ष्य दोनों स्टेशनों पर इसी वित्तीय वर्ष में यह सुविधा शुरू करने का है। स्क्रीन पर विकल्प चुनते ही दिखेगा रास्ता डिजिटल मार्गदर्शक में स्टेशन परिसर का नक्शा और सुविधाओं की लोकेशन उपलब्ध रहेगी। यात्री टच-स्क्रीन पर अपनी जरूरत के अनुसार विकल्प चुन सकेंगे। इसमें प्लेटफॉर्म, टिकट काउंटर, पूछताछ केंद्र, वेटिंग हॉल, विश्राम कक्ष, फुट ओवरब्रिज, लिफ्ट, एस्केलेटर, खानपान स्टॉल और निकास द्वार तक पहुंचने की जानकारी मिलेगी। क्यूआर कोड के जरिए यात्री इस जानकारी को अपने स्मार्टफोन पर भी देख सकेंगे। बुजुर्गों और अनजान यात्रियों को मिलेगी राहत स्टेशन पर पहली बार आने वाले यात्रियों को अक्सर प्लेटफॉर्म और दूसरी सुविधाओं का रास्ता तलाशने में परेशानी होती है। ट्रेन छूटने की जल्दी में उन्हें दूसरों से रास्ता पूछना पड़ता है। डिजिटल मार्गदर्शक से ऐसी परेशानी कम होने की उम्मीद है। बुजुर्गों, महिलाओं और दिव्यांग यात्रियों को भी जरूरी सुविधाओं की लोकेशन तलाशने में मदद मिलेगी। व्हीलचेयर रैंप, सुलभ शौचालय और विशेष लिफ्ट जैसी सुविधाओं की जानकारी भी उपलब्ध कराने की योजना है। नागपुर स्टेशन के मॉडल पर तैयार होगी व्यवस्था रेलवे प्रशासन नागपुर स्टेशन पर इस्तेमाल किए जा रहे डिजिटल नेविगेशन मॉडल की तर्ज पर रेवाड़ी और अलवर में यह सुविधा विकसित करेगा। दोनों स्टेशनों के मुख्य सर्कुलेटिंग एरिया यानी प्रवेश द्वार के आसपास कियोस्क लगाने की योजना है, ताकि स्टेशन परिसर में पहुंचते ही यात्री इनका उपयोग कर सकें। यात्रियों का सफर सुगम बनाने के लिए की जा रही है पहल उत्तर पश्चित रेलवे के जयपुर मंडल के सीनियर डीसीएम भूपेश यादव ने बताया कि यात्रियों का सफर अधिक आरामदायक और सुगम बनाने के लिए यह पहल की जा रही है। रेवाड़ी और अलवर जंक्शन पर डिजिटल मार्गदर्शक लगाने के प्रस्ताव को मंजूरी मिल चुकी है। रेलवे का लक्ष्य चालू वित्तीय वर्ष के अंत तक काम पूरा कर यात्रियों को यह सुविधा उपलब्ध कराने का है।
Gorakhpur News: किशोरी के लापता होने पर प्राथमिकी दर्ज, मोबाइल की जांच में मिले दो नंबर
FIR registered following the disappearance of a teenage girl; two numbers discovered during mobile phone examination
Kushinagar News: चोरी बाइक व मोबाइल के साथ दो गिरफ्तार
चोरी बाइक व मोबाइल के साथ दो गिरफ्तार
Ghaziabad News: तीन आरोपियों से चोरी के नौ मोबाइल फोन और स्कूटी बरामद
तीन आरोपियों से चोरी के नौ मोबाइल फोन और स्कूटी बरामद
Auraiya News: पत्नी का मोबाइल देने की पति की अर्जी खारिज
औरैया। अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश की अदालत ने दहेज हत्या के एक मामले में महत्वपूर्ण फैसला सुनाया है।
Shahjahanpur News: मोबाइल पर कहासुनी के बाद फंदे से लटककर दे दी जान
सेहरामऊ दक्षिणी। मोबाइल पर किसी से कहासुनी के बाद क्षेत्र के देवकली गांव निवासी रामरतन वर्मा (48) ने जान दे दी। उनका शव कमरे में पंखे के कुंडे से दुपट्टे से लटका मिला।
Faridabad News: कमरे से नकदी व मोबाइल चोरी
Cash and mobile stolen from the room
कटिहार के डंडखोरा स्थित एक उच्च माध्यमिक विद्यालय से 11 कंप्यूटर सेट चोरी के मामले में पुलिस ने चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपियों के पास से चोरी के सभी कंप्यूटर और अन्य सामान बरामद करने का दावा किया है। चोरी की यह घटना 17 अक्टूबर 2026 की है। मामले में केस नंबर 157/26 दर्ज कर जांच शुरू की गई थी। तकनीकी सबूतों के आधार पर गिरफ्तारी पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर गठित टीम ने तकनीकी सबूतों और जांच के आधार पर चारों आरोपियों को गिरफ्तार किया। डीएसपी विशाल कुमार ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर मामले का खुलासा किया। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान डंडखोरा थाना क्षेत्र के मो. इकबाल (27), नूरशीद राय उर्फ पलटन राय (30), रोहताज खान उर्फ MP (27) और क्रांति मंडल (31) के रूप में हुई है। 11 मॉनिटर और 11 सीपीयू बरामद पुलिस ने आरोपियों के पास से 11 कंप्यूटर मॉनिटर, 11 सीपीयू, 4 कीबोर्ड, एक मोटरसाइकिल और 3 मोबाइल बरामद किए हैं। पुलिस के अनुसार, नूरशीद राय और रोहताज खान के खिलाफ पहले भी आपराधिक मामले दर्ज हैं। मामले में आगे की कार्रवाई जारी है।
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सुपौल-270 लीटर नेपाली शराब के साथ 2 तस्कर अरेस्ट:30 कार्टन शराब और मोबाइल बरामद; ऑल्टो कार जब्त
सुपौल के निर्मली थाना क्षेत्र में शराब तस्करी के खिलाफ कार्रवाई करते हुए पुलिस ने 270 लीटर नेपाली शराब के साथ दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। मौके से शराब के 30 कार्टन, तस्करी में इस्तेमाल की जा रही एक ऑल्टो कार और मोबाइल फोन भी बरामद किया गया है। सोमवार शाम एसडीपीओ अनुपेश नारायण ने निर्मली थाना में प्रेस कॉन्फ्रेंस कर कार्रवाई की जानकारी दी। एसडीपीओ ने बताया कि एसपी शरथ आरएस और उनके संयुक्त निर्देश पर निर्मली थानाध्यक्ष सियावर मंडल के नेतृत्व में छापेमारी की गई। पुलिस अवर निरीक्षक विकास कुमार और निहाल कुमार की टीम ने चौकीदार से मिली पहचान संबंधी सूचना के आधार पर मझारी पंचायत के थरिया गाइड बांध स्थित वार्ड संख्या-9 में कार्रवाई की। यहां से 270 लीटर नेपाली शराब बरामद की गई। 30 कार्टन में मिली शराब, कार और मोबाइल जब्त पुलिस के अनुसार, बरामद शराब का नाम 'दिलवाले सोभी' है। कुल 30 कार्टन में शराब रखी गई थी। प्रत्येक कार्टन में 300 एमएल की 30 बोतलें थीं। इस तरह कुल 900 बोतलों से 270 लीटर शराब बरामद हुई। पुलिस ने शराब ढुलाई में इस्तेमाल की जा रही ऑल्टो कार (नंबर WB74H8229) और एक मोबाइल फोन भी जब्त किया है। मधुबनी के रहने वाले हैं गिरफ्तार आरोपी गिरफ्तार आरोपियों की पहचान मिथुन कुमार, पिता अरुण यादव, और रामनंदन कुमार, पिता छेदीलाल यादव के रूप में हुई है। दोनों मधुबनी जिले के अंधरामठ थाना क्षेत्र के रौवाही गांव के वार्ड संख्या-6 के निवासी हैं। एसडीपीओ के मुताबिक, शराब की खेप नेपाल से मझारी-दिघिया के रास्ते आगे ले जाई जा रही थी। पुलिस मामले की जांच कर रही है और तस्करी से जुड़े अन्य लोगों तथा नेटवर्क की भूमिका का पता लगाया जा रहा है। शराब तस्करी के खिलाफ अभियान जारी एसडीपीओ ने कहा कि शराब के अवैध कारोबार के खिलाफ पुलिस लगातार अभियान चला रही है। इससे पहले रविवार को भी निर्मली थाना क्षेत्र में 36 लीटर शराब के साथ एक व्यक्ति को गिरफ्तार किया गया था। पुलिस ने अवैध शराब के कारोबार पर रोक लगाने के लिए आगे भी कार्रवाई जारी रखने की बात कही।
बेमेतरा जिले में पुलिस ने गांजा तस्करी के मामले में दो युवकों को गिरफ्तार किया है। दाढ़ी थाना और साइबर सेल की संयुक्त टीम ने बिरसिंघी गांव के पास बाइक सवार दोनों युवकों को पकड़ा। उनके पास से 1 किलो 19 ग्राम गांजा, बाइक और दो मोबाइल फोन जब्त किए गए हैं। जब्त सामान की कुल कीमत 1 लाख 13 हजार 950 रुपए बताई गई है। पुलिस को सूचना मिली थी कि नवागढ़ की ओर से बाइक पर सवार दो युवक गांजा लेकर बिरसिंघी की तरफ आ रहे हैं। इसके बाद पुलिस टीम ने बिरसिंघी के खार कच्चे मार्ग पर घेराबंदी की। इस दौरान बाइक क्रमांक CG 25 P 5535 पर सवार प्रितोष सिंह ठाकुर (26) और विश्वनाथ सिंह ठाकुर (32) को पकड़ा गया। दोनों नवागांव कला, थाना दाढ़ी क्षेत्र के निवासी हैं। मुंगेली के व्यक्ति से खरीदा था गांजा पूछताछ में आरोपियों ने पुलिस को बताया कि उन्होंने मोबाइल के जरिए मुंगेली के एक व्यक्ति से संपर्क कर गांजा खरीदा था। पुलिस ने दोनों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट की धारा 20(ख) के तहत केस दर्ज किया है। गांजा उपलब्ध कराने के आरोपी की तलाश की जा रही है। संयुक्त टीम ने की कार्रवाई इस कार्रवाई में साइबर सेल प्रभारी मयंक मिश्रा और दाढ़ी थाना प्रभारी सूरज प्रकाश सहित पुलिस टीम के सदस्य शामिल थे। पुलिस मामले में आगे की जांच कर रही है।
जमशेदपुर पुलिस ने जुआ के खिलाफ कार्रवाई की है। बिरसानगर थाना क्षेत्र के प्रकाश नगर स्थित एक मकान में छापेमारी कर 15 लोगों को गिरफ्तार किया गया। पुलिस ने मौके से 7 लाख 67 हजार 400 रुपए नकद, 16 मोबाइल फोन और ताश के पत्ते जब्त किए हैं। सिटी एसपी ललित मीणा ने सोमवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस में यह जानकारी दी। उन्होंने बताया कि 25 अक्टूबर की रात गुप्त सूचना मिली थी कि प्रकाश नगर में प्रतापलाल सिंह के घर में जुआ खेला जा रहा है। इसके बाद एक विशेष छापेमारी दल बनाया गया। पुलिस टीम जब प्रतापलाल सिंह के घर पहुंची तो बाहर कई चप्पल-जूते पड़े मिले। अंदर 15 लोग जुआ खेलते हुए पकड़े गए। कुछ ने भागने की कोशिश की, लेकिन टीम ने उन्हें घेरकर पकड़ लिया। पूछताछ में सामने आया कि घर मालिक प्रतापलाल सिंह लोगों को पैसों का लालच देकर जुआ खिलाता था। गिरफ्तार आरोपियों में प्रवीण कुमार सिंह, अभिषेक सिंह, हरिलाल गुप्ता, अफताब आलम, प्रीतपाल सिंह, विमलेश सिंह, राजेश कुमार, राजा मंडल, अर्जुन महतो, रंजीत महतो, रवि कुमार गुप्ता, मिथुन कुमार, आकाश मुंडा, पप्पू शर्मा उर्फ रामप्रकाश शर्मा और निरंजन श्रीवास्तव शामिल हैं।
अजमेर में एटीएम से रुपए नहीं निकलने पर गुस्साए दो युवकों ने रोडवेज बस स्टैंड परिसर में स्थित पंजाब नेशनल बैंक (पीएनबी) के एटीएम की स्क्रीन तोड़ दी। घटना रविवार की है। सिविल लाइन थाना पुलिस ने दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। एएसआई मनीराम ने बताया कि उत्तर प्रदेश के बुलंदशहर निवासी हिमांशु शर्मा और भगवान राम रोडवेज बस स्टैंड परिसर स्थित पीएनबी के एटीएम से एक हजार रुपए निकालने पहुंचे थे। दोनों ने एटीएम में पिन दर्ज किया, लेकिन किसी तकनीकी खराबी या नकदी उपलब्ध नहीं होने के कारण रुपए नहीं निकल सके। इससे नाराज होकर दोनों युवकों ने अपना आपा खो दिया और मोबाइल फोन एटीएम की स्क्रीन पर फेंक दिया। इससे स्क्रीन क्षतिग्रस्त हो गई। घटना की सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और बैंक में लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज की जांच की। फुटेज के आधार पर दोनों युवकों की पहचान कर उन्हें शांतिभंग में गिरफ्तार किया। पुलिस मामले की जांच में जुटी है।
पटना में शटर काटकर मोबाइल दुकान में 50 लाख की चोरी, डेढ़ लाख कैश भी ले उड़े चोर
पटना के पत्रकार नगर में चोरों ने एक मोबाइल दुकान का शटर काटकर 40-50 लाख रुपये के मोबाइल फोन और डेढ़ लाख रुपये नकद चुरा लिए। पुलिस और एफएसएल टीम साक्ष्य जुटाकर मामले की जांच कर रही है, लेकिन सीसीटीवी बंद होने से मुश्किलें बढ़ गई हैं।
ट्रेनों में यात्रियों के सामान की चोरी करने वाले एक आरोपी को जीआरपी थाना ग्वालियर की पुलिस ने स्टेशन चेकिंग के दौरान गिरफ्तार किया है। आरोपी पिछले चार से छह महीने से ट्रेनों के एसी कोच में सफर करने वाले यात्रियों के लगेज बैग चोरी कर रहा था। पुलिस ने आरोपी के घर से करीब 35 बैग, एक लैपटॉप, चार मोबाइल और अन्य कीमती सामान सहित लगभग 8 लाख रुपए का माल बरामद किया है। आरोपी चोरी के बाद बैग लेकर इस तरह स्टेशन से बाहर निकल जाता था, जैसे वह सामान्य यात्री हो और अपना सामान लेकर जा रहा हो। पुलिस के मुताबिक, यात्रियों की सुरक्षा और ट्रेनों में चोरी की घटनाओं पर अंकुश लगाने के लिए लगातार चेकिंग अभियान चलाया जा रहा है। इसी दौरान जीआरपी थाना ग्वालियर की टीम ने संदेह के आधार पर आरोपी को पकड़ा। पूछताछ और जांच में सामने आया कि वह लंबे समय से ट्रेनों में यात्रियों के सामान को निशाना बना रहा था। आरोपी खासतौर पर एसी कोच में रखे लगेज बैग चोरी करता था और फिर बिना किसी पर संदेह हुए स्टेशन से निकल जाता था। एक बार बैग चुराया, फिर बना लिया कमाई का जरिया जीआरपी के डीएसपी कीर्ति सिंह नरवरिया ने बताया कि स्टेशन चेकिंग के दौरान पुलिस टीम को यह सफलता मिली। आरोपी के घर से करीब 35 बैग, एक लैपटॉप, चार मोबाइल और अन्य सामान बरामद किया गया है। बरामद माल की कीमत करीब 8 लाख रुपए आंकी गई है। वहीं, निरीक्षक दिलीप समाधिया के अनुसार, आरोपी पहले एक फाइनेंस कंपनी में काम करता था। वहां आर्थिक नुकसान होने के बाद वह ट्रेन से यात्रा कर रहा था। इसी दौरान उसने एक यात्री का बैग उठा लिया। पहली बार चोरी करने के बाद उसे बैग में रखे सामान और नकदी से फायदा हुआ, तो वह दोबारा ऐसी वारदातें करने लगा। धीरे-धीरे उसने इसे जल्दी पैसा कमाने का जरिया बना लिया। एसी कोच के यात्रियों को बनाता था निशाना पुलिस के अनुसार, आरोपी एसी कोच में यात्रियों के लगेज बैग पर नजर रखता था। मौका मिलते ही बैग उठाकर स्टेशन से बाहर निकल जाता था, जिससे किसी को उस पर शक नहीं होता था। शुरुआती जानकारी में आरोपी द्वारा 35 से 40 बैग चोरी करने की बात सामने आई है। पुलिस अब बरामद सामान के आधार पर चोरी की अन्य वारदातों और उनके वास्तविक मालिकों का पता लगाने में जुटी है।
भारत में कमजोर पड़ी चीनी मोबाइल कंपनियों की बादशाहत, इन देसी ब्रैंड्स की ‘बल्ले-बल्ले’
भारत में चीनी स्मार्टफोन ब्रैंड्स की मार्केट में हिस्सेदारी घटकर 67-68 प्रतिशत रह गई है। मेमोरी चिप्स की बढ़ती कीमतों के बीच Lava और Ai+ जैसे भारतीय ब्रैंड्स की हिस्सेदारी बढ़ी है।
पटना के पत्रकार नगर में मां कम्युनिकेशन दुकान से 40-45 लाख के मोबाइल चोरी, जांच में जुटी पुलिस
26 अक्टूबर, सोमवार: पटना के पत्रकार नगर थाना क्षेत्र के संजय गांधी नगर स्थित मां कम्युनिकेशन मोबाइल शॉप में चोरी हुई। दुकान मालिक राजीव राज के अनुसार, चोर करीब 40 से 45 लाख रुपये के मोबाइल फोन लेकर फरार हो गए।
पाली जिले के फालना में रोड पर साइड देने की बात को लेकर विवाद हो गया। जिसमें उदयपुर निवासी एक व्यक्ति की कार का कुछ लोगों ने पीछा किया। आरोप है कि कार को पीछे से टक्कर मारकर उनके साथ मारपीट की गई और गाड़ी में रखा लैपटॉप, तीन मोबाइल और करीब 75 हजार रुपए लूटकर आरोपी फरार हो गए। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। फालना SHO पन्नालाल ने बताया- उदयपुर निवासी आमप्रकाश जैन ने रिपोर्ट दी है। इसमें बताया कि वे अपने साथी यश अग्रावत के साथ 24 अक्टूबर को उदयपुर से नाकोड़ा जी जा रहे थे। दोपहर करीब 3:45 बजे फालना चौराहे पर पीछे से तेज गति से आई सफेद बलेनो कार ने उनकी कार को टक्कर मार दी। इसी के बाद आरोपी अपननी कार लेकर मौके से भागने लगा। उन्होंने कार रुकवाने की कोशिश की तो उसमें सवार लोग नोबल स्कूल के पास रुक गए। लोहे के सरिए से कार में तोड़फोड़ का आरोप परिवादी के अनुसार, बलेनो से तीन लोग नीचे उतरे और गाली-गलौज करते हुए उनके साथ मारपीट करने लगे। आरोप है कि तीनों नशे में थे और उन्होंने लोहे के सरिए से कार में तोड़-फोड़ कर दी। इसके बाद आरोपी कार में रखा लैपटॉप, तीन मोबाइल और 75 हजार रुपए लेकर फरार हो गए। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
बदमाशों ने छीन ली बुलेट: पुलिस भी पड़ गई इस कदर पीछे, छह घंटे में दबोचे दो शातिर; 5 मोबाइल भी बरामद
बुलेट से छिनैती करने वाले बदमाश छह घंटे में गिरफ्तार, ट्रांस यमुना पुलिस ने शाहदरा कट से दबोचा, बुलेट और 5 मोबाइल बरामद।
जानना जरूरी: टॉयलेट में मोबाइल चलाना सेहत पर कितना असर डालता है?
Is Using Your Phone on the Toilet Bad for Your Health: आज के समय में ज्यादातर लोग टॉयलेट में मोबाइल ले जाना पसंद करते हैं। ये आपकी सेहत पर कितना और कैसे असर डालता है, आइए जानते हैं....
चंडीगढ़ में जिस वीडियो की वजह से स्टूडेंट नैतिक (17) की हत्या हुई, वह अब सामने आ गया है। इस वीडियो में नैतिक थप्पड़ और लात से दूसरे नाबालिग सिख स्टूडेंट की पिटाई कर रहा है। नैतिक के दोस्त मोबाइल में वीडियो शूट कर रहे हैं। इसके बाद वे इस वीडियो को वायरल कर देते हैं। इसी का बदला लेने के लिए सिख स्टूडेंट ने पंजाब पुलिस इंटेलिजेंस में तैनात इंस्पेक्टर के बेटे से मदद मांगी। उसके दोस्त ने अपने बड़े भाई को बताया, जो गैंगस्टरों से जुड़ा हुआ था। जिसके बाद उन्होंने शुक्रवार को ऑटो में जा रहे नैतिक की हत्या कर दी। पुलिस ने मर्डर में शामिल सगे भाईयों को गिरफ्तार कर लिया। जिनसे हथियार बरामदगी के दौरान एनकाउंटर भी हुआ। नाबालिग सिख स्टूडेंट को भी गिरफ्तार किया जा चुका है। 11 थप्पड़ मारे.. जानिए, मारपीट के वीडियो में क्या31 सेकेंड के इस वीडियो को पंजाबी गायक श्री बराड़ के ‘दस कीदे पिस्टल लवावा मेरी जान’ का गाना लगाकर सोशल मीडिया पर डाला गया। इसमें दिख रहा है कि सिख स्टूडेंट बाइक पर बैठा है। नैतिक उसके गाल और सिर पर ताबड़तोड़ थप्पड़ मारने लगता है। उस वक्त नैतिक के साथी वहां ज्यादा होते हैं, इस वजह से वह कोई विरोध करता हुआ नहीं दिखता। नैतिक उसे 11 बार थप्पड़ और एक बार लात मारता है। इस दौरान नैतिक के साथी मोबाइल पर वीडियो शूट करते रहते हैं। यह वीडियो सेक्टर 34 की मार्केट में रात के वक्त का है, वहां लोगों की आवाजाही भी दिख रही है। इसके बाद नैतिक उसे धमकाता हुआ भी नजर आता है। नैतिक ने सिख स्टूडेंट को क्यों पीटापुलिस जांच के मुताबिक पहले नैतिक और सिख स्टूडेंट चंडीगढ़ के सेंट जोसेफ कॉन्वेंट स्कूल में पढ़ते थे। वहां इनका कोई झगड़ा हुआ था। जिसके बाद सिख स्टूडेंट ने नैतिक की पिटाई की थी। जिसका उसने वीडियो रिकॉर्ड किया और फिर उसे अपने फ्रेंड सर्किल में वायरल कर दिया। इसके बाद नैतिक सिख स्टूडेंट से रंजिश रखने लगा था। इसके बाद नैतिक उसी स्कूल में पढ़ता रहा लेकिन सिख स्टूडेंट किसी दूसरे स्कूल में चला गया। नैतिक के मर्डर की प्लानिंग कैसे हुई?पुलिस जांच के मुताबिक नैतिक के पिटाई करने के बाद वीडियो फ्रेंड सर्किल में वायरल करने से सिख स्टूडेंट गुस्से में आ गया। उसने ये बात अपने दोस्त अर्शमेहर प्रीत सिंह उर्फ अर्श(21) को बताई। अर्श का बड़ा भाई मनमेहर प्रीत सिंह (25) है। अर्श ने अपने बड़े भाई को बताया कि उसके दोस्त की पिटाई कर वीडियो बनाया गया। अर्श बंबीहा गैंग और लॉरेंस गैंग से जुड़ा हुआ था। उसने भाई के दोस्त की पिटाई का बदला लेने के लिए हामी भर दी। इसके बाद ऑटो में जाते नैतिक को शुक्रवार शाम सेक्टर 22 में घेरकर हत्या कर दी। गोली मारने वाले मनमेहर का कट्टर दुश्मन गैंगों से लिंक कैसे?पुलिस सोर्सेज के मुताबिक मनमेहर पहले कुख्यात शूटर देविंदर बंबीहा के गैंग से जुड़ा था। बंबीहा गैंग के लक्की पटियाल ने उसे 2 पिस्टल दे रखी थी। लक्की पटियाल ने मनमेहर को कई टारगेट दिए लेकिन वह उन्हें पूरा नहीं कर पाया। इसके बाद लक्की ने उसे दी 2 में से एक पिस्टल वापस लेकर किसी और को दे दी। पुलिस सोर्सेज के मुताबिक इसके बाद मनमेहर चंडीगढ़ की बुड़ैल जेल में बंद लॉरेंस गैंग के गैंगस्टर रविंदर सिंह उर्फ काली के संपर्क में आ गया। तब काली ने उसे एक पिस्टल मुहैया कराई। जिसके बाद वह दोनों गैंग के टच में था और उनके कहने पर वारदातों को अंजाम देता था।
रायपुर के संतोषी नगर में स्कूटी सवार दो बदमाशों ने पत्नी के साथ टहल रहे युवक का मोबाइल झपट लिया और तेजी से भाग निकले। युवक उस वक्त अपने व्यवसाय से जुड़ा ऑडियो सुनने के लिए फोन कान पर लगाए हुए था। 7 अक्टूबर की रात करीब 10:30 बजे अनंत ज्वेलर्स के सामने हुई इस वारदात में पुलिस ने एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। उसके पास से छीना गया मोबाइल और वारदात में इस्तेमाल एक्टिवा जब्त की गई है। दोनों की कुल कीमत करीब 80 हजार रुपए है। दूसरा आरोपी अब भी फरार है। मोबाइल छीना और भाग निकले पुलिस के मुताबिक, मोहम्मद फारूख चांगल ने टिकरापारा थाने में शिकायत दर्ज कराई थी। उन्होंने बताया कि 7 अक्टूबर की रात वह पत्नी के साथ घर से टहलने निकले थे। संतोषी नगर मेन रोड पर अनंत ज्वेलर्स के सामने पीछे से स्कूटी पर आए दो युवकों ने उनके हाथ से मोबाइल झपट लिया। इससे पहले कि वह कुछ कर पाते, दोनों स्कूटी से तेजी से फरार हो गए। CCTV फुटेज से खुला सुराग शिकायत के बाद एंटी क्राइम एंड साइबर यूनिट और टिकरापारा पुलिस की संयुक्त टीम ने घटनास्थल और आसपास के CCTV फुटेज खंगाले। वारदात में इस्तेमाल दोपहिया वाहन के बारे में भी जानकारी जुटाई गई। जांच के दौरान पुलिस ने शेख तौहीद (20), निवासी बैद्यनाथपारा, कोतवाली क्षेत्र, को पकड़ा। पुलिस के अनुसार, पूछताछ में शेख तौहीद ने अपने एक साथी के साथ मिलकर मोबाइल छीनने की बात स्वीकार की। उसके कब्जे से मोबाइल और एक्टिवा जब्त कर ली गई है। पुलिस अब फरार साथी की तलाश कर रही है।
Jhansi News: कोचिंग से लौट रही छात्रा का मोबाइल और स्मार्ट वाच लूटा
झांसी। सीपरी बाजार थाना क्षेत्र में कोचिंग से घर लौट रही छात्रा से बाइक सवार दो युवक मोबाइल और स्मार्ट वाच लूटकर ले गए। घटना 17 अक्तूबर की शाम की बताई जा रही है। पीड़िता की मां नीता राजपूत का आरोप है कि शिकायत करने के बाद भी कार्रवाई
Ghaziabad News: ट्रेनों में धक्के खाकर पहुंचे...परीक्षा केंद्रों पर बैग व मोबाइल फोन के लिए जूझे
ट्रेनों में धक्के खाकर पहुंचे...परीक्षा केंद्रों पर बैग व मोबाइल फोन के लिए जूझे
Fatehpur News: दो मोबाइल लुटेरे और खरीदने वाला दुकानदार गिरफ्तार
बाइक सवार दो लुटेरों और लूट का मोबाइल खरीदने वाले दुकानदार को पुलिस ने गिरफ्तार किया है।
किशनगंज में नशे के अवैध कारोबार के खिलाफ कार्रवाई करते हुए पोठिया थाना पुलिस ने 28 ग्राम स्मैक के साथ एक युवक को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने उसके पास से एक मोबाइल फोन और इलेक्ट्रॉनिक तराजू भी बरामद किया है। गिरफ्तार युवक की पहचान पनासी वार्ड संख्या-14 निवासी तौसीफ रजा उर्फ मिस्टर (28) के रूप में हुई है। वह शमीम अख्तर का पुत्र है। तलाशी में स्मैक, मोबाइल और तराजू बरामद पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, रविवार, 25 अक्टूबर को पोठिया थाना क्षेत्र में कार्रवाई की गई। इस दौरान तौसीफ रजा उर्फ मिस्टर को पकड़ा गया। तलाशी के दौरान उसके पास से 28 ग्राम स्मैक, एक मोबाइल फोन और एक इलेक्ट्रॉनिक तराजू मिला। स्मैक के स्रोत का पता लगाने में जुटी पुलिस स्मैक के साथ इलेक्ट्रॉनिक तराजू की बरामदगी के बाद पुलिस मामले की विभिन्न पहलुओं से जांच कर रही है। पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि मादक पदार्थ कहां से लाया गया था और इस मामले में अन्य लोगों की संलिप्तता है या नहीं। आरोपी के खिलाफ कानूनी कार्रवाई जारी पुलिस गिरफ्तार युवक से पूछताछ कर रही है। मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है। स्मैक की आपूर्ति और संभावित नेटवर्क को लेकर विस्तृत जानकारी जांच पूरी होने के बाद सामने आ सकेगी।
स्कूलों में मोबाइल पर लगेगा बैन, फिर लागू होगी पास-फेल की व्यवस्था; CM शुभेंदु अधिकारी का नया प्लान
मुख्यमंत्री ने पश्चिम बंगाल के सरकारी स्कूलों में पास-फेल व्यवस्था की वापसी का संकेत दिया है। उन्होंने स्कूलों में मोबाइल प्रतिबंध और सांस्कृतिक शिक्षा पर भी जोर दिया।
जानलेवा लत: मुजफ्फरपुर में मोबाइल देखने पर पिता ने डांटा तो युवक ने की खुदकुशी
Youth Suicide Boohi Gandak: मुजफ्फरपुर के मुशहरी थाना क्षेत्र में 22 वर्षीय युवक आयुष चंद्र ने बूढ़ी गंडक नदी में कूदकर जान दे दी। पिता द्वारा देर रात मोबाइल चलाने पर डांटने और बहस के बाद उसने यह कदम उठाया।
रतलाम जिले के सरवन थाना क्षेत्र की बेड़दा पुलिस चौकी के अंतर्गत रविवार सुबह 14 वर्षीय माया पिता रावजी का शव खेत की मेड़ पर मिला। शव के पास कीटनाशक की बोतल, मोबाइल, चप्पल और उल्टी के निशान मिले हैं। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए रतलाम मेडिकल कॉलेज भेजा है। पुलिस के अनुसार, माया शनिवार रात करीब 8 बजे बिना किसी को बताए घर से निकली थी। परिजनों को लगा कि वह बेड़दा गांव में स्थित अपने दूसरे मकान पर गई होगी। रविवार सुबह तक उसके वापस नहीं आने पर तलाश शुरू की गई। इसी दौरान एक ग्रामीण अपने खेत की ओर गया। वहां उसने मांगू मईड़ा के खेत की मेड़ पर अपनी चचेरी बहन माया को बेसुध पड़ा देखा। उसने तुरंत परिजनों को सूचना दी। पुलिस ने मोबाइल जब्त किया सूचना मिलते ही बेड़दा चौकी प्रभारी जगदीश तोमर पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। आसपास तलाश करने पर कीटनाशक की शीशी मिली। पुलिस ने पंचनामा कार्रवाई के बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। मौके से मिले मोबाइल को भी जब्त किया गया है। पिता का निधन, मां खेती कर परिवार पालती हैं पुलिस के अनुसार, माया के पिता का निधन हो चुका है। परिवार में मां और सात भाई-बहन हैं। माया सात बहनों में छठे नंबर की बेटी है। उसने छठी कक्षा तक पढ़ाई की थी। इसके बाद पढ़ाई छोड़ दी थी। उसकी मां खेती करके परिवार का पालन-पोषण करती हैं। पुलिस मोबाइल की कॉल डिटेल रिकॉर्ड (सीडीआर) की साइबर टीम से जांच कराएगी। इससे पता लगाया जाएगा कि घर से निकलने के दौरान माया ने किसी से फोन पर बात की थी या नहीं। सरवन थाना प्रभारी राजशेखर वर्मा ने बताया कि शुरुआती जांच में किशोरी की मौत कीटनाशक के सेवन से होने की आशंका है। मौत का स्पष्ट कारण पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद पता चलेगा। पुलिस ने मर्ग कायम कर जांच शुरू कर दी है। जांच में यह पता लगाया जा रहा है कि माया रात में घर से अकेले क्यों निकली थी और किन परिस्थितियों में खेत तक पहुंची।
भोपाल में MD ड्रग की तस्करी करते 2 आरोपी पकड़ाए:ड्रग, बाइक और मोबाइल जब्त; दर्ज हैं मारपीट के केस
भोपाल की परवलिया सड़क पुलिस ने बायपास रोड पर घेराबंदी कर दो युवकों को एमडी ड्रग्स के साथ गिरफ्तार किया है। आरोपियों के पास से 12.63 ग्राम एमडी ड्रग्स बरामद हुई, जिसकी कीमत करीब 1.50 लाख रुपए बताई गई है। पुलिस ने तस्करी में इस्तेमाल बाइक और मोबाइल फोन भी जब्त किया है। जब्त सामान की कुल कीमत करीब 3 लाख रुपए आंकी गई है। मुखबिर की सूचना पर घेराबंदी पुलिस के मुताबिक, 24 अक्टूबर की रात मुखबिर से सूचना मिली थी कि दो युवक बाइक से एमडी ड्रग्स लेकर थाना क्षेत्र से गुजरने वाले हैं। सूचना के बाद वरिष्ठ अधिकारियों को अवगत कराया गया। थाना प्रभारी के नेतृत्व में पांच पुलिस टीमें बनाकर बायपास रोड पर घेराबंदी की गई। रात करीब 1:40 बजे पुलिस को बाइक पर सवार दो संदिग्ध युवक दिखाई दिए। पुलिस को देखकर दोनों ने बाइक मोड़कर भागने की कोशिश की, लेकिन घेराबंदी के चलते पकड़े गए। तलाशी में तरुण सराठे (24), निवासी छावनी पठार, बिलखिरिया के पास से 12.63 ग्राम एमडी ड्रग्स मिली। उसके साथ बाइक पर सवार अखिलेश मेहरा (24), निवासी छावनी पठार को भी गिरफ्तार किया गया। दोनों पर पहले से केस पुलिस के अनुसार, तरुण के खिलाफ बिलखिरिया थाने में मारपीट और आर्म्स एक्ट के दो मामले दर्ज हैं। वहीं, अखिलेश के खिलाफ मारपीट के चार प्रकरण पहले से दर्ज हैं। पुलिस ने दोनों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट की संबंधित धाराओं में केस दर्ज किया है। सप्लाई नेटवर्क की जांच पुलिस आरोपियों से पूछताछ कर रही है कि एमडी ड्रग्स कहां से लाई गई थी और इसे किसे सप्लाई किया जाना था। पुलिस ड्रग्स की सप्लाई और उससे जुड़े नेटवर्क का पता लगाने का प्रयास कर रही है।
भोपाल में 2 MD ड्रग के तस्कर पकड़ाए:ड्रग, बाइक और मोबाइल जब्त; आरोपियों पर दर्ज हैं मारपीट के केस
भोपाल की परवलिया सड़क पुलिस ने बायपास रोड पर घेराबंदी कर दो युवकों को एमडी ड्रग्स के साथ गिरफ्तार किया है। आरोपियों के पास से 12.63 ग्राम एमडी ड्रग्स बरामद हुई, जिसकी कीमत करीब 1.50 लाख रुपए बताई गई है। पुलिस ने तस्करी में इस्तेमाल बाइक और मोबाइल फोन भी जब्त किया है। जब्त सामान की कुल कीमत करीब 3 लाख रुपए आंकी गई है। मुखबिर की सूचना पर घेराबंदी पुलिस के मुताबिक, 24 अक्टूबर की रात मुखबिर से सूचना मिली थी कि दो युवक बाइक से एमडी ड्रग्स लेकर थाना क्षेत्र से गुजरने वाले हैं। सूचना के बाद वरिष्ठ अधिकारियों को अवगत कराया गया। थाना प्रभारी के नेतृत्व में पांच पुलिस टीमें बनाकर बायपास रोड पर घेराबंदी की गई। रात करीब 1:40 बजे पुलिस को बाइक पर सवार दो संदिग्ध युवक दिखाई दिए। पुलिस को देखकर दोनों ने बाइक मोड़कर भागने की कोशिश की, लेकिन घेराबंदी के चलते पकड़े गए। तलाशी में तरुण सराठे (24), निवासी छावनी पठार, बिलखिरिया के पास से 12.63 ग्राम एमडी ड्रग्स मिली। उसके साथ बाइक पर सवार अखिलेश मेहरा (24), निवासी छावनी पठार को भी गिरफ्तार किया गया। दोनों पर पहले से केस पुलिस के अनुसार, तरुण के खिलाफ बिलखिरिया थाने में मारपीट और आर्म्स एक्ट के दो मामले दर्ज हैं। वहीं, अखिलेश के खिलाफ मारपीट के चार प्रकरण पहले से दर्ज हैं। पुलिस ने दोनों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट की संबंधित धाराओं में केस दर्ज किया है। सप्लाई नेटवर्क की जांच पुलिस आरोपियों से पूछताछ कर रही है कि एमडी ड्रग्स कहां से लाई गई थी और इसे किसे सप्लाई किया जाना था। पुलिस ड्रग्स की सप्लाई और उससे जुड़े नेटवर्क का पता लगाने का प्रयास कर रही है।
पान गुमटी से गांजा बरामद, दुकानदार गिरफ्तार:शेखपुरा में 96 ग्राम गांजा और मोबाइल जब्त
शेखपुरा में नगर थाना क्षेत्र के गिरिहिंडा़ स्थित बस स्टैंड के सामने स्थित पान की गुमटी से पुलिस ने गांजा बरामद किया है। शराब बंदी पर सख्ती के बाद जिले में बढ़ती सुखे नशे पर कार्रवाई के तहत यह बरामदगी की गई है।पान गुमटी का दुकानदार दिव्यांग बताया गया है। वह पिछले कई माह से गांजा को छोटे-छोटे पुड़िया बनाकर बेचने का काम कर रहा था। दुकानदार की पहचान नगर क्षेत्र के महादेव नगर मोहल्ला स्थित स्व कैलाश लाल के पुत्र सुभाष लाल के रूप में की गई। कुल वजन 96.94 ग्राम पाया गया पुलिस ने उसे गांजा के साथ गिरफ्तार करते हुए जेल भेज दिया। इस संबंध में पुलिस निरीक्षक राजीव कुमार से प्राप्त जानकारी के अनुसार नगर थाना शेखपुरा के पुलिस पदाधिकारी संतोष कुमार सशस्त्र बल के साथ संध्या गति में थे। इसी दौरान उन्होंने गुप्त सूचना के आधार पर यह कार्रवाई की मादक पदार्थ गांजा प्राप्ती के संबंध में विधिवत छापेमारी और तलाशी के लिए दंडाधिकारी के रूप में सदर अंचलाधिकारी शंभू कुमार भी इस कार्रवाई में शामिल किए गए। तलाशी के क्रम में काला रंग के प्लास्टिक में रखा हुआ उजाला रंग का प्लास्टिक के छोटे-छोटे पुड़िया में गांजा बरामद किया गया। जिसका कुल वजन 96.94 ग्राम पाया गया। मामले का गहनता के साथ अनुसंधान तलाशी में पान गुमटी संचालक सुभाष लाल के हाफ पैंट के दाहिने पैकेट से नारंगी रंग का एक स्क्रीन टच मोबाइल भी बरामद किया गया। बरामद गांजा एवं मोबाइल को जब्त करने के बाद उसके खिलाफ नगर थाना में एक प्राथमिकी दर्ज करते हुए जेल भेज दिया गया। उसके खिलाफ एनडीपीएस अधिनियम के तहत प्राथमिकी दर्ज की गई। इस पूरे कार्रवाई में पुलिस पदाधिकारी संतोष कुमार के साथ शेखपुरा डीआइओयू की टीम सशस्त्र बल में आकाश कुमार मुकेश कुमार आदि भी शामिल रहे। पुलिस ने बताया कि इस मामले का गहनता के साथ अनुसंधान शुरू कर दिया गया है। इस मामले में अन्य लोगों के संलिप्त की जानकारी भी इकट्ठा की जा रही है। उनके खिलाफ भी इसी प्रकार की कठोर कार्रवाई जाएगी।
डीग में कोतवाली पुलिस ने साइबर ठगी के मामले में वांछित आरोपी को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपी के कब्जे से 2 एंड्रॉयड मोबाइल जब्त किए है। पुलिस के मुताबिक, मोबाइल फोन के आईएमईआई नंबरों की साइबर अपराध से संबंधित 1930 पोर्टल पर जांच की गई तो 9 शिकायतें सामने आईं। इन शिकायतों में साइबर ठगी के जरिए कुल 2,79,510 रुपए के लेनदेन का पता चला। थानाधिकारी ताराचंद शर्मा के नेतृत्व में पुलिस टीम ने 24 अक्टूबर को दर्ज प्रकरण में कार्रवाई करते हुए आरोपी मुजाहिद (24), निवासी लेवड़ा, थाना कामां को गिरफ्तार किया। पुलिस अब आरोपी से पूछताछ कर रही है, ताकि साइबर ठगी से जुड़े मामलों और संदिग्ध लेनदेन के संबंध में जानकारी जुटाई जा सके। साइबर ठगी में 1 साल से फरार आरोपी गिरफ्तारकामां थाना पुलिस ने भी करीब 1 साल से फरार चल रहे साइबर ठगी के आरोपी को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपी को कामां कस्बे के बिलौंद बस स्टैंड से मुखबिर की सूचना के आधार पर पकड़ा।गिरफ्तार आरोपी असरफ उर्फ किड्डू (37) पुत्र इसराइल, निवासी लालपुर, थाना कामां, जिला डीग है।
शेखपुरा रेलवे स्टेशन पर मोबाइल चार्ज करने को लेकर हुए विवाद में एक युवक चाकू लगने से गंभीर रूप से घायल हो गया। यह घटना विजयादशमी की सुबह हुई थी, जब युवक मेला देखकर घर लौट रहा था। मामले में रेल पुलिस ने एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। मोबाइल चार्ज करने को लेकर हुआ था विवाद घायल युवक की पहचान नवादा जिले के भट्ठा गांव निवासी सूरज कुमार के रूप में हुई है। वह काशीचक जाने के लिए ट्रेन पकड़ने स्टेशन पहुंचा था। इसी दौरान मोबाइल चार्ज करने को लेकर विवाद हुआ, जिसमें युवक चाकू लगने से गंभीर रूप से घायल हो गया। वारिसलीगंज से आरोपी गिरफ्तार रेल पुलिस ने इस मामले में राकेश कुमार उर्फ अंबानी को गिरफ्तार किया है। वह नवादा जिले के वारिसलीगंज का रहने वाला है। शेखपुरा जीआरपी थानाध्यक्ष अजीत कुमार ने बताया कि घायल युवक के भाई के आवेदन पर दो अज्ञात लोगों के खिलाफ केस दर्ज हुआ था। पुलिस ने जांच के बाद राकेश कुमार उर्फ अंबानी को वारिसलीगंज से पकड़ा। घायल के भाई ने हमलावर की पहचान की है। दूसरे आरोपी की तलाश जारी पुलिस दूसरे आरोपी की तलाश कर रही है। गिरफ्तार आरोपी को लखीसराय जेल भेज दिया गया है।
इंदौर के भंवरकुआं थाना क्षेत्र के विष्णुपुरी स्थित एक हॉस्टल में चोरी की वारदात हो गई। शनिवार अलसुबह हुई इस घटना में छात्रों के लैपटॉप, मोबाइल और नकदी गायब हो गई। घटना का सीसीटीवी फुटेज रविवार को सामने आया, जिसमें एक संदिग्ध इलाके से निकलता दिखाई दे रहा है। पुलिस ने शनिवार रात मामले में एफआईआर दर्ज कर आरोपी की तलाश शुरू कर दी है। रनिंग से लौटे तो गायब मिले लैपटॉप-मोबाइल भंवरकुआं पुलिस के मुताबिक, सिवनी निवासी प्रिंस सराठे विष्णुपुरी स्थित देवनिवास हॉस्टल में दोस्तों के साथ किराए से रहता है। 24 अक्टूबर की तड़के वह अपने दोस्त मिहिर के साथ रनिंग करने ग्राउंड पर गया था। इस दौरान कमरे का दरवाजा खुला रह गया। सुबह करीब 7 बजे दोनों लौटे तो प्रिंस का लैपटॉप, मिहिर का मोबाइल, यशदीप का मोबाइल, अयाज अंसारी का मोबाइल, सौरभ अहिरवार का लैपटॉप और युवराज का एचपी लैपटॉप गायब मिला। कमरे में रखी नकदी भी नहीं मिली। प्रिंस ने दोस्तों को जगाकर पूछा तो उन्होंने रात में किसी के कमरे में आने की जानकारी होने से इनकार किया। सीसीटीवी में दिखा संदिग्ध पुलिस को विष्णुपुरी के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज मिले हैं। इनमें एक संदिग्ध इलाके से निकलता दिखाई दे रहा है। पुलिस फुटेज के आधार पर उसकी पहचान करने और तलाश में जुटी है। पुलिस के मुताबिक, कुछ दिन पहले भी इलाके के हॉस्टलों से मोबाइल चोरी होने की घटनाएं सामने आई थीं। इन मामलों की भी जांच की जा रही है।
पानीपत के कुलदीप नगर में गली में खेल रहे ढाई साल के बच्चे को रविवार दोपहर करीब 2:30 बजे क्रेटा कार ने कुचल दिया। इस हादसे में बच्चे की मौत हो गई। परिजनों के अनुसार, कार का पहिया बच्चे की छाती के ऊपर से गुजर गया था। हादसे के समय ऋतिक कुलदीप नगर में परिवार के साथ आया हुआ था। बच्चे की पहचान ऋतिक के रूप में हुई है। जानकारी के अनुसार, परिवार मूलरूप से गांव गढ़ी सरनाई का रहने वाला है और रविवार को माता के पूजन के लिए कुलदीप नगर आया था। गली में खेलते के दौरान ये हादसा हो गया। बच्चे को कुचलने के बाद मौके पर लोगों की भीड़ जुट गई। परिजनों ने कार ड्राइवर को मौके पर ही पकड़ लिया। बच्चे के परिजन आरोपी को पकड़ कर अस्पताल ले आए थे, जहां से आरोपी भाग गया। गली में दूसरे बच्चों के साथ खेल रहा था मृतक के चाचा अजय और दादा ज्ञानी नाथ के अनुसार, रविवार को परिवार कुलदीप नगर में माता के पूजन के लिए आया था। आज करीब ढ़ाई बजे ऋतिक गली में दूसरे बच्चों के साथ खेल रहा था। आरोप है कि तभी एक ड्राइवर क्रेटा कार लेकर गली में आया। वह मोबाइल पर बात कर रहा था और इसी दौरान लापरवाही से गाड़ी चलाते हुए बच्चे को कुचल दिया। परिजनों के मुताबिक, कार का पहिया ऋतिक की छाती के ऊपर से गुजर गया। हादसे में मासूम गंभीर रूप से घायल हो गया। घटना के बाद आसपास के लोग और परिजन मौके पर पहुंचे, लेकिन बच्चे की जान नहीं बच सकी। आरोप- फोन पर बात करने से हादसा हुआ ढाई साल के बच्चे की मौत से परिवार सदमे में है परिजनों का आरोप है कि ड्राइवर मोबाइल पर बात करते हुए गाड़ी चला रहा था। इसी लापरवाही के कारण मासूम कार की चपेट में आ गया।
पलवल में आईबी (इंटेलिजेंस ब्यूरो) का फर्जी अधिकारी बनकर सरपंच प्रतिनिधि को क्लीन चिट देने के मामले में पुलिस ने 2 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोप है कि आरोपियों ने फर्जी आईबी पहचान पत्र और जांच रिपोर्ट तैयार की थी। पावसर गांव के सरपंच प्रतिनिधि मोहम्मद यासीर के बारे में सोशल मीडिया पर एक पत्र वायरल हुआ था, जिसमें भ्रष्टाचार के आरोपों में आईबी की ओर से उसे क्लीन चिट दिए जाने का उल्लेख था। मामला सामने आने के बाद पुलिस ने जांच शुरू की। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से फर्जी पहचान पत्र, जांच रिपोर्ट से जुड़े दस्तावेज और 4 मोबाइल फोन बरामद किए हैं। कोर्ट में पेश कर दोनों को जेला भेजा एसपी दीप्ति गर्ग के निर्देशन में बहीन थाना पुलिस और सीआईए पलवल की संयुक्त टीम ने यह कार्रवाई की। पुलिस के अनुसार, मामले में 22 अक्टूबर को आदर्श कॉलोनी, पलवल निवासी गोविंद कुमार की शिकायत पर केस दर्ज किया गया था। जांच के दौरान 23 अक्टूबर को पावसर गांव निवासी मोहम्मद यासीर को गिरफ्तार किया गया। पूछताछ में उसकी निशानदेही पर फर्जी जांच रिपोर्ट के दस्तावेज और मोबाइल फोन बरामद किए गए। इसके बाद आलीमेव गांव निवासी यासीर अराफात को भी गिरफ्तार किया गया। पुलिस ने दोनों आरोपियों को कोर्ट में पेश किया, जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया। सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था पत्र बहीन थाना प्रभारी रतनपाल ने बताया कि ग्राम पंचायत आलीमेव के सरपंच प्रतिनिधि मोहम्मद यासीर के बारे में सोशल मीडिया पर एक पत्र वायरल हो रहा था। इसमें आईबी की ओर से भ्रष्टाचार के आरोपों में क्लीन चिट देने की बात कही गई थी। मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए सीआईए पलवल प्रभारी नरेंद्र कुमार की टीम और बहीन थाना पुलिस की संयुक्त टीम ने जांच शुरू की। पूछताछ में सामने आया मामला पुलिस के अनुसार, पावसर गांव निवासी मोहम्मद यासीर के कब्जे से फर्जी आईबी पहचान पत्र और आईफोन बरामद किया गया। पुलिस रिमांड के दौरान उसकी निशानदेही पर फर्जी जांच रिपोर्ट के दस्तावेज और दो अन्य मोबाइल फोन भी बरामद किए गए। मामले में शामिल दूसरे आरोपी यासीर अराफात निवासी आलीमेव को भी गिरफ्तार कर उसके कब्जे से एक मोबाइल फोन बरामद किया गया। पुलिस के मुताबिक, पूछताछ में सामने आया कि आईबी अधिकारी दिखने के लिए नकली पहचान पत्र और रिपोर्ट तैयार की गई थी। आवश्यक साक्ष्य और दस्तावेज बरामद करने के बाद दोनों आरोपियों को हथीन की कोर्ट में पेश किया गया, जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया।
मधेपुरा में राशन कार्डधारियों की ई-केवाईसी पूरी कराने के लिए 24 अक्टूबर से विशेष अभियान शुरू किया गया है। इसके तहत पात्र राशन कार्डधारियों को अपने राशन कार्ड में दर्ज सभी सदस्यों की ई-केवाईसी करानी होगी। इसके लिए लाभुक अपने पंचायत या वार्ड की नजदीकी जनवितरण प्रणाली (पीडीएस) दुकान पर जाकर निशुल्क ई-केवाईसी करा सकते हैं। वहीं, राज्य से बाहर या काम के सिलसिले में दूसरे स्थानों पर रहने वाले लाभुक मोबाइल से भी यह प्रक्रिया पूरी कर सकेंगे। ई-केवाईसी कराना आवश्यक जिला आपूर्ति पदाधिकारी ने बताया कि भारत सरकार और बिहार सरकार के निर्देश पर खाद्य एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग ने नए राशन कार्ड के निर्माण से संबंधित लंबित आवेदनों का त्वरित निष्पादन करने के लिए विशेष अभियान चलाने का निर्देश दिया है। इसी के तहत पात्र लाभुकों की ई-केवाईसी पूरी कराई जा रही है। राशन कार्ड में दर्ज प्रत्येक सदस्य की आधार आधारित ई-केवाईसी कराना आवश्यक है। घर बैठे ई-केवाईसी पूरी कर सकते इसके लिए लाभुक अपनी नजदीकी जनवितरण प्रणाली दुकान पर पहुंचकर ई-पॉस मशीन के माध्यम से फिंगरप्रिंट या आइरिस (आंखों की पुतली) स्कैन कराकर प्रक्रिया पूरी कर सकते हैं। इसके लिए किसी तरह का शुल्क नहीं देना होगा। जिले से बाहर रहने वाले या काम के सिलसिले में दूसरे राज्यों में रह रहे राशन कार्डधारी भी ई-केवाईसी करा सकते हैं। ऐसे लाभुक अपने मोबाइल में 'मेरा केवाईसी' (Mera KYC) और 'आधार फेस आरडी' (Aadhaar Face RD) ऐप डाउनलोड कर फेस ऑथेंटिकेशन के माध्यम से घर बैठे ई-केवाईसी पूरी कर सकते हैं। जिला प्रशासन ने पात्र राशन कार्डधारियों से अपील की है कि वे विशेष अभियान के दौरान अपने राशन कार्ड में दर्ज सभी सदस्यों की ई-केवाईसी सुनिश्चित कराएं।
बठिंडा के भुच्चो मंडी कैंचियां के पास स्थित फ्लिपकार्ट के गोदाम से 980 सैमसंग मोबाइल चोरी होने के मामले में पुलिस ने 24 घंटे से भी कम समय में वारदात का खुलासा कर दिया। चोरी हुए मोबाइल फोन की बाजार कीमत करीब 4 करोड़ 58 लाख रुपए बताई जा रही है। पुलिस ने गोदाम के तीन कर्मचारियों को नामजद कर दो को गिरफ्तार किया है, जबकि अन्य संदिग्धों की तलाश जारी है। पुलिस चौकी इंचार्ज गुरप्रीत सिंह के मुताबिक, गिरफ्तार आरोपियों की पहचान मानसा जिले के अक्कांवाली निवासी लवप्रीत सिंह और तपा मंडी के आजाद नगर निवासी सुरिंदर सिंह बब्बू के रूप में हुई है। तीसरा नामजद कर्मचारी हरियाणा के हड़ौली निवासी बलजिंदर सिंह है, जिसकी भूमिका की जांच की जा रही है। प्रारंभिक पूछताछ में टोहाना निवासी गौतम, मानसा निवासी सुखप्रीत सिंह सोनी और एक अन्य अज्ञात व्यक्ति के नाम भी सामने आए हैं। पुलिस गिरफ्तार आरोपियों को अदालत में पेश कर रिमांड हासिल करेगी, ताकि चोरी हुए मोबाइल बरामद करने और अन्य आरोपियों की भूमिका स्पष्ट करने के लिए पूछताछ की जा सके। सुबह लौटे तो गायब मिले मोबाइल गोदाम मैनेजर प्रकाश के अनुसार, 23 अक्टूबर की रात करीब ढाई बजे कर्मचारी माल की डिलीवरी लेकर बाहर गए थे। सुबह करीब पांच बजे वापस लौटने पर गोदाम के शटर का ताला गायब मिला और शटर ऊपर उठा हुआ था। अंदर जांच करने पर 980 मोबाइल फोन गायब मिले। इसके बाद पुलिस को सूचना दी गई। गोदाम के अधिकारी हरिजंदर कुमार निवासी अमृतसर ने इस संबंध में शिकायत दर्ज करवाई। सीसीटीवी की डीवीआर भी ले गए आरोपी पुलिस के मुताबिक, आरोपी मोबाइल फोन के साथ गोदाम में लगे सीसीटीवी कैमरों की रिकॉर्डिंग वाली डीवीआर भी ले गए। घटना की सूचना मिलने पर चौकी इंचार्ज गुरप्रीत सिंह पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे। बाद में डीएसपी साइबर सरबजीत सिंह और डीएसपी संदीप सिंह ने भी घटनास्थल का निरीक्षण किया। मोबाइल फोरेंसिक लैब की टीम ने मौके से संभावित साक्ष्य जुटाए। पुलिस मामले की आगे जांच कर रही है।
भोपाल की जिला अदालत के बाहर पुलिस अभिरक्षा में मौजूद हथकड़ी लगे एक आरोपी का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। वीडियो में वह पुलिसकर्मियों की मौजूदगी में खुलेआम सिगरेट पीते और मोबाइल फोन पर बात करते नजर आ रहा है। इस घटनाक्रम ने पुलिस की सुरक्षा व्यवस्था और हिरासत में रखे गए लोगों की निगरानी पर सवाल खड़े कर दिए हैं। वीडियो शनिवार का बताया जा रहा है, जो रविवार को सोशल मीडिया पर वायरल हुआ। वीडियो में शख्स के हाथों में हथकड़ी लगी दिखाई दे रही है। इसके बावजूद वह बेफिक्र होकर सिगरेट पीता और मोबाइल पर बातचीत करता नजर आ रहा है। इस दौरान पुलिसकर्मी भी मौके पर मौजूद हैं। ऐसे में सवाल उठ रहा है कि पुलिस अभिरक्षा में उसे सिगरेट और मोबाइल फोन इस्तेमाल करने की अनुमति कैसे मिली। उसकी सुरक्षा में तैनात पुलिसकर्मी किस थाने या इकाई से संबंधित हैं, इसकी पुष्टि नहीं हो सकी है। फिलहाल वीडियो के आधार पर आरोपी की पहचान, घटना के समय और परिस्थितियों तथा संबंधित पुलिसकर्मियों की भूमिका की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। मामले में पुलिस कमिश्नरेट की ओर से किसी कार्रवाई की जानकारी भी सामने नहीं आई है।
जयपुर में एक कोचिंग छात्रा से दोस्ती कर 1 लाख रुपए ऐंठने का मामला सामने आया है। मिलने के बहाने आरोपी दोस्त ने रेस्टोरेंट में उसे बुलाया था। धोखे से मोबाइल लेकर ऑनलाइन रुपए ट्रांसफर कर लिए। जयपुर के थाने में पीड़ित कोचिंग छात्रा ने आरोपी के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज करवाई है। पुलिस ने बताया- भीलवाड़ा की रहने वाली युवती ने रिपोर्ट दर्ज करवाई है। वह जयपुर में रहकर कॉम्पिटिशन एग्जाम की तैयारी कर रही है। आरोप है कि 25 मई-2026 को उसकी मुलाकात आरोपी युवक से हुई थी। बातचीत के दौरान आरोपी दोस्ती कर मिलने-जुलने लगा। मिलने के बहाने आरोपी दोस्त ने उसे रेस्टोरेंट में बुलाया। मिलने पहुंचने पर धोखे से मोबाइल लेकर 50-50 हजार रुपए के दो ट्रांजेक्शन कर अपने बैंक अकाउंट में ऑनलाइन ट्रांसफर कर लिए। इस बारे में पता चलने पर पीड़िता ने अपने रुपए वापस मांगे। धमकी देकर आरोपी दोस्त ने रुपए लौटाने से मना कर दिया। धोखे का एहसास होने पर पीड़िता ने आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज करवाया।
सास बोली- दिनभर मोबाइल में क्या करती हो? बहू का जवाब सुनकर हंस पड़ेंगे आप, पढ़ें जोक्स
आपका दिन खुशनुमा बिताने के लिए हम आपके लिए सास-बहू की नोक-झोंक से जुड़े मजेदार चुटकुले लेकर आए हैं। इन्हें पढ़कर आप पेट पकड़कर हंसने लगेंगे और कहेंगे वाह।
Android फोन में Apps का Camera और Microphone एक्सेस ऐसे करें चेक और बंद
हम सभी स्मार्टफोन को कॉल-मैसेज के अलावा फोटो खींचने, वीडियो कॉल करने, सोशल मीडिया चलाने और ऑनलाइन मीटिंग जैसे कामों के लिए इस्तेमाल किया जाता है। हालांकि आप नहीं जानते होंगे कि एंड्रॉयड फोन में यह भी चेक किया जा सकता है कि कौन-सा एप कैमरे या माइक का इस्तेमाल कर रहा है? फोन में मौजूद कई प्राइवेसी फीचर्स की मदद से आप एप्स की एक्टिविटी पर नजर रख सकते हैं। जब आपको जरुरत पड़े तो उनकी परमिशन बंद भी कर सकते हैं। इससे आपको यह तय करने में मदद मिलती है कि किस एप को कैमरे और माइक्रोफोन का एक्सेस देना है। कैमरा या माइक इस्तेमाल होने पर दिखता है हरा इंडिकेटर - आमतौर पर एंड्रॉयड 12 और इसके बाद के वर्जन में जब कोई एप कैमरा या माइक्रोफोन इस्तेमाल कर सकते हैं, ऐसा करने पर स्क्रीन के ऊपरी दाएं कोने में हरे रंग का इंडिकेटर नजर आता है। यह संकेत देता है कि कैमरा या माइक एक्टिव रहता है। - यदि आपको इंडिकेटर नजर आए तो आप जानना होगा कि कौन-सा एप इसका इस्तेमाल कर रहा है, तो स्क्रीन पर ऊपर से नीचे की तरफ स्वाइप करें। फिर इंडिकेटर पर टैप करें। यहां आपको कैमरा या माइक्रोफोन इस्तेमाल करने वाले एप या सर्विस की जानकारी दी जाएगी। - यदि आपको कैमरा या माइक्रोफोन इस्तेमाल करने वाले एप सर्विस की जानकारी मिल सकती है। - यदि आपको किसी एप को कैमरा या माइक इस्तेमाल करने की जरुरत नहीं है, तो उसकी परमिशन को जरुर चेक करें और जरुरत के हिसाब से उसे बंद कर दें। क्विक सेटिंग्स से बंद करें कैमरा और माइक्रोफोन एक्सेस - इसके लिए फोन की स्क्रीन पर ऊपर से दो बार नीचे की तरफ स्वाइप करें। - क्विक सेटिंग्स में कैमरा एक्सेस या माइक्रोफोन एक्सेस का ऑप्शन खोजें। - अब संबंधित टाइल पर टैप करके कैमरा या माइक का एक्सेस बंद कर दें। - यदि आपको क्विक सेटिंग्स में ये विकल्प दिखाई नहीं देते, तो एडिट या एड पर टैप करके संबंधित टाइल जोड़ने की कोशिश करें। - वैसे इन विकल्पों का नाम और उपलब्धता फोन के मॉडल, एंड्रॉयड वर्जन और कंपनी के इंटरफेस के अनुसार अलग हो सकती है। सेटिंग्स में जाकर एप की परमिशन ऐसे बदलें - खासतौर पर आप किसी एप को कैमरा या माइक्रोफोन इस्तेमाल करने से रोकना चाहते हैं, तो उसकी परमिशन सीधे सेटिंग्स में जाकर बदल सकते हैं। इसके लिए फोन की सेटिंग्स ओपन करें और एप्स में जाएं। अब आप एप को चुनें जिसकी परमिशन जांचनी है। फिर परमिशंस पर टैप करके कैमरा और माइक्रोफोन को ऑप्शन चेक करें। - यदि एप को कैमरे या माइक की जरुरत नहीं, तो आप ऐसे में उसकी परमिशन डॉन्ट अलाउ पर सेट कर सकते हैं। - कैमरा या माइक्रोफोन की परमिशन बंद करने पर एप के कुछ फीचर्स काम करना बंद कर सकते हैं। प्राइवेसी डैशबोर्ड से जानें किस एप ने कब किया कैमरा-माइक इस्तेमाल - सबसे पहले फोन की सेटिंग्स में जाएं। - अब प्राइवेसी या सिक्योरिटी एंड प्राइवेसी सेक्शन में जाएं। - प्राइवेसी डैशबोर्ड का ऑप्शन ओपन करें। - कैमरा या माइक्रोफोन पर टैप करें। - मौजूद रिकॉर्ज में चेक करें कि किन एप्स ने इनका इस्तेमाल किया और कब किया है। - एंड्रॉयड 12 और इसके बाद के वर्जन में प्राइवेसी डैशबोर्ड आम तौर पर पिछले 24 घंटों की एक्टिविटी दिखाता है। लेकिन रिकॉर्ड की अवधि और मेन्यू का नाम फोन के वर्जन के हिसाब से अलग हो सकता है। - किसी एप का कैमरा या माइक इस्तेमाल करना आपको अनावश्यक लगता है, तो परमिशन पर दोबारा विचार कर सकते हैं। अनजान एप्स को फोन से हटाना भी है जरूरी - यदि आपके फोन में कोई ऐसा एप है जिसका आप यूज नहीं कर रहे हैं और आपको जानकारी नहीं है, तो उसकी परमिशन जरुर चेक करें। जरुरत न होने पर सेटिंग्स में एप्स खोलकर उस एप को चुनें और अनइंस्टॉल पर टैप करें। - लेकिन आप फोन की जरुरी सिस्टम एप्स को बिना किसी जानकारी के हटाने से बचें। कुछ सिस्टम एप डिवाइस के सही संचालन के लिए जरुरी होते हैं। - वहीं, आप फोन की सेटिंग्स में प्राइवेसी या सिक्योरिटी एंड प्राइवेसी सेक्शन में उपलब्ध सुरक्षा विकल्पों की समीक्षा जरुर करें। कुछ डिवाइस में एप एक्सेस और सुरक्षा जांच से संबंधित अतिरिक्त फीचर देखने को मिल जाएंगे। इनके नाम और काम फोन की कंपनी तथा एंड्रॉयड वर्जन के आधार पर अलग हो सकते हैं।
दूल्हा मुंबई में, दुल्हन मोबाइल टावर पर! ऑनलाइन शादी के बाद उतरी प्रेमिका
उत्तर प्रदेश के बहराइच में निकाह की मांग को लेकर एक महिला करीब 100 फीट ऊंचे मोबाइल टावर पर चढ़ गई. उसका प्रेमी नूरुद्दीन मुंबई में काम करता है, जबकि दोनों के परिवार शादी के लिए तैयार नहीं थे. पुलिस की मध्यस्थता के बाद परिवार राजी हुए और काजी की मौजूदगी में ऑनलाइन निकाह कराया गया. इसके बाद महिला को समझाकर सुरक्षित नीचे उतारा गया.
मोबाइल नेटवर्क की खराब क्वालिटी, स्लो इंटरनेट या महंगे रिचार्ज से परेशान हैं, तो बिना मोबाइल नंबर बदलें टेलीकॉम कंपनी बदलना एक अच्छा ऑप्शन है। यहां जानें SIM पोर्ट करने का आसान फास्ट तरीका और इससे जुड़े उन सवालों के जवाब, जो नेटवर्क बदलने से पहले आपके काम आएंगे।
आधार कार्ड की फिजिकल कॉपी पास नहीं है तो परेशान होने की जरूरत नहीं। myAadhaar Portal से आप घर बैठे अपना e-Aadhaar कार्ड PDF में मुफ्त डाउनलोड कर सकते हैं। जानें e-Aadhaar डाउनलोड करने का पूरा तरीका, PDF ओपन करने का फॉर्मूला:
DL धारकों के लिए बड़ी खबर! ड्राइविंग लाइसेंस में पता और मोबाइल नंबर बदलने की फीस हो सकती है माफ
ड्राइविंग लाइसेंस धारकों के लिए बड़ी राहत की खबर है। केंद्र सरकार ने ड्राइविंग लाइसेंस से जुड़े नियमों में बदलाव का प्रस्ताव दिया है। इसके तहत Sarathi Portal के जरिए लाइसेंस में घर का पता, मोबाइल नंबर और ईमेल जैसी जानकारी अपडेट करने पर फीस नहीं देनी पड़ सकती है।
आंखों की सेहत: मोबाइल चलाते ही आंखों में होती है जलन? जानें इसके पीछे की 5 बड़ी वजहें
eye strain symptoms: आंखों में जलन, लालिमा, खुजली या सुबह भारीपन महसूस होता है? जानें ड्राई आई, एलर्जी और संक्रमण के संभावित कारण, आंखों की देखभाल के उपाय और डॉक्टर से कब संपर्क करें।
SBI Data Leak: स्टेट बैंक ऑफ इंडिया के 3,897 ग्राहक रिकॉर्ड डार्क वेब पर लीक होने की आशंका है। इनमें नाम, मोबाइल नंबर, जन्मतिथि, ईमेल आईडी, घर के पते और लोन से जुड़ी जानकारी शामिल बताई गई है।
योग टिप्स: मोबाइल से ब्रेक लेने का सबसे आसान तरीका? ट्राई करें ये 10 मिनट का योग रूटीन
10 Minute Digital Detox: 10 मिनट का डिजिटल डिटॉक्स योग रूटीन अपनाएं। जानें आसान योगासन, ब्रीदिंग एक्सरसाइज और स्क्रीन टाइम से ब्रेक लेने के तरीके।
आंख खुलते ही मोबाइल स्क्रॉल करने की आदत कहीं बढ़ा तो नहीं रही आपका स्ट्रेस
सुबह की पहली किरण के साथ जब हमारी आंखें खुलती हैं, तो हमारा दिन कैसा बीतेगा, यह इस बात पर निर्भर करता है कि हम अपने दिन की शुरुआत किस तरह करते हैं। लेकिन आज के डिजिटल और आधुनिक युग में 90 प्रतिशत से ज्यादा लोगों की सुबह की शुरुआत भगवान के दर्शन या ताजी हवा से नहीं, बल्कि बिस्तर पर लेटे-लेटे अपने स्मार्टफोन की स्क्रीन पर उंगलियां फेरने से होती है। आंख खुलते ही व्हाट्सएप मैसेज, सोशल मीडिया नोटिफिकेशन्स, ईमेल और सुबह-सुबह की दुनिया भर की डरावनी या तनावपूर्ण खबरें पढ़ना आज के समय में एक आम बात बन चुकी है। हमें लगता है कि यह सिर्फ एक मामूली सी आदत है, जो समय बिताने का जरिया मात्र है। लेकिन न्यूरोसाइंस, कार्डियोलॉजी और मेडिकल रिसर्च के हवाले से जो खुलासे सामने आए हैं, वे बेहद डरावने हैं। सुबह उठते ही मोबाइल स्क्रॉल करने की यह आदत आपके मानसिक तनाव को कई गुना बढ़ा रही है और इसका सीधा एवं खतरनाक कनेक्शन आपके दिल (Heart Health) से जुड़ा हुआ है। आइए एक हेल्थ और लाइफस्टाइल रिपोर्टर की नजर से गहराई से समझते हैं कि यह डिजिटल लत हमारे शरीर और दिल को अंदर से कैसे खोखला कर रही है।सुबह की शांत शुरुआत को कैसे एक पल में तबाह कर देता है स्मार्टफोन का नोटिफिकेशनमानव शरीर की जैविक घड़ी (Circadian Rhythm) और मस्तिष्क का तंत्रिका तंत्र इस तरह से डिजाइन किया गया है कि नींद से जागने के बाद का शुरुआती समय सबसे शांत, स्थिर और रिलैक्सड होता है। रात भर सोने के बाद जब हम सुबह उठते हैं, तो हमारा दिमाग 'थीटा' (Theta) या 'अल्फा' (Alpha) ब्रेन वेव स्टेट में होता है, जो ध्यान और शांति की स्थिति मानी जाती है। लेकिन जैसे ही आंख खुलते ही आप अपना फोन उठाते हैं और सोशल मीडिया की फीड या दुनिया भर की नकारात्मक खबरें देखना शुरू करते हैं, आपका मस्तिष्क तुरंत 'बीटा' (Beta) स्टेट में चला जाता है, जो उच्च सतर्कता, तनाव और एंग्जाइटी का संकेत है। बिस्तर पर लेटे-लेटे अचानक से काम के ईमेल, दुनिया भर की दुर्घटनाएं या सोशल मीडिया की वर्चुअल दुनिया के दबाव को झेलकर आपका दिमाग एक झटके में फाइट-या-फ्लाइट (Fight-or-Flight) मोड में आ जाता है। सोचिए, जिस दिन की शुरुआत ही आपने तनाव और घबराहट के साथ की हो, वह पूरा दिन आपके मानसिक स्वास्थ्य के लिए कितना घातक साबित हो सकता है।कॉर्टिसोल और एड्रेनालाईन का हाई स्पाइक: शरीर में मच जाता है हॉर्मोनल भूचालजब आप सुबह उठते ही फोन पर तनावपूर्ण या उत्तेजक खबरें या सोशल मीडिया की तुलनात्मक तस्वीरें देखते हैं, तो आपका शरीर तुरंत 'कर्टिसोल' (Cortisol) और 'एड्रेनालाईन' (Adrenaline) जैसे स्ट्रेस हॉर्मोन्स का भारी मात्रा में स्राव करने लगता है। ये वही हॉर्मोन्स हैं जो इंसान को किसी संकट या खतरे के समय भागने या लड़ने के लिए ऊर्जा देते हैं। लेकिन जब आप हर रोज सुबह उठते ही अपनी मर्जी से अपने शरीर को इस हॉर्मोनल फ्लड में झोंक देते हैं, तो आपका नर्वस सिस्टम लगातार ओवरड्राइव मोड में रहने लगता है। लंबे समय तक शरीर में कॉर्टिसोल का स्तर ऊंचा बने रहने से हाई ब्लड प्रेशर, क्रोनिक फटीग (थकान), सिरदर्द, मूड स्विंग्स और गंभीर मानसिक अवसाद (Depression) की शिकायतें पैदा होने लगती हैं। यह हॉर्मोनल असंतुलन आपके पूरे शारीरिक और मानसिक संतुलन को पूरी तरह बिगाड़ कर रख देता है।दिल की सेहत के साथ सीधा कनेक्शन: क्यों बढ़ रहा है कम उम्र में हार्ट अटैक का खतरा?अब सबसे महत्वपूर्ण और चौंकाने वाले पहलू पर आते हैं, जिसका संबंध आपके दिल से है। मेडिकल साइंस यह साबित कर चुका है कि मानसिक तनाव (Mental Stress) और कार्डियोवैस्कुलर हेल्थ के बीच गहरा और सीधा नाता है। जब आप सुबह उठते ही डिजिटल स्ट्रेस के शिकार होते हैं, तो आपकी दिल की धड़कन (Heart Rate) अचानक तेज हो जाती है और ब्लड प्रेशर (Blood Pressure) का ग्राफ ऊपर की तरफ भागने लगता है। लगातार सुबह के वक्त इस तरह का अचानक स्ट्रेस मिलने से आपकी रक्त धमनियां (Blood Vessels) सिकुड़ने लगती हैं और उन पर दबाव बढ़ जाता है। जो लोग रोजाना इस रूटीन के आदि हो चुके हैं, उनकी धमनियों में सूजन और पट्टिका जमने का खतरा कई गुना बढ़ जाता है, जिससे आगे चलकर हाई ब्लड प्रेशर, दिल की धड़कन अनियमित होना (Arrhythmia) और कम उम्र में हार्ट अटैक या कार्डियक अरेस्ट का खतरा मंडराने लगता है। आपका दिल जो रात भर आराम करके सुबह संभल रहा होता है, उसे आप हर रोज सुबह की शुरुआत में ही तनाव की भट्टी में झोंक देते हैं।स्क्रीन टाइम और नीरस जीवनशैली: मानसिक शांति और फोकस की हो रही है बलिसुबह का समय आत्म-चिंतन, व्यायाम, मेडिटेशन या अपनों के साथ शांति से चाय की चुस्की लेने के लिए सबसे बेहतरीन माना जाता है। लेकिन मोबाइल फोन की लत ने इंसानों से उनका वह कीमती सुकून छीन लिया है। सुबह उठते ही सोशल मीडिया के अंतहीन कुएं (Infinite Scroll) में फंस जाने से आपका ध्यान और फोकस बुरी तरह विचलित हो जाता है। आप दिन भर के जरूरी कामों में मन नहीं लगा पाते क्योंकि आपका डोपामाइन (Dopamine) लेवल सुबह-सुबह ही उन वर्चुअल लाइक्स और नोटिफिकेशन्स के जरिए क्रैश हो चुका होता है। इसके कारण आपकी कार्यक्षमता घट जाती है, चिड़चिड़ापन बढ़ता है और आप हर समय एक अजीब सी मानसिक बेचैनी महसूस करते हैं। यह डिजिटल व्यसन आपकी रचनात्मकता और मानसिक शांति का सबसे बड़ा दुश्मन बन चुका है।इस खतरनाक आदत से छुटकारा पाने के लिए आज ही अपनाएं ये आसान और असरदार बदलावयदि आप भी उन करोड़ों लोगों में शामिल हैं जिनकी सुबह मोबाइल की स्क्रीन देखने से होती है, तो अब संभलने का समय आ चुका है। अपनी इस आदत को बदलने के लिए आपको कुछ कड़े और छोटे कदम उठाने होंगे। सबसे पहले, अपने बेडरूम से रात के समय स्मार्टफोन को दूर रखना शुरू करें और अलार्म के लिए एक पारंपरिक घड़ी (Analog Clock) का इस्तेमाल करें। सुबह उठने के बाद कम से कम अपने दिन के शुरुआती 30 से 60 मिनट तक फोन को हाथ न लगाने का सख्त नियम बना लें। इस खाली समय में गहरी सांस लें, हल्की स्ट्रेचिंग करें, प्रकृति के बीच कुछ पल बिताएं या अपने परिवार के साथ मुस्कुराते हुए दिन की शुरुआत करें। यकीन मानिए, जब आप फोन से दूरी बनाकर अपनी सुबह की शुरुआत शांति से करेंगे, तो आपके दिल को राहत मिलेगी, आपका स्ट्रेस लेवल अपने आप कम हो जाएगा और आपका पूरा दिन ऊर्जा, सकारात्मकता और बेहतरीन स्वास्थ्य से भरपूर रहेगा।
दिल्ली: अशोक विहार में 60 साल के बुजुर्ग से मोबाइल छीनने वाला 19 वर्षीय अभय गिरफ्तार, फोन बरामद
15 अक्टूबर, 15:19 IST: दिल्ली के अशोक विहार में 60 वर्षीय बुजुर्ग से मोबाइल स्नैचिंग के मामले में पुलिस ने 19 वर्षीय अभय को गिरफ्तार कर चोरी का फोन बरामद किया।
13 अक्टूबर, मंगलवार, भागलपुर: बिहार के शिवनारायणपुर का बताया जा रहा एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने का दावा किया जा रहा है। वीडियो के अनुसार, चलती ट्रेन में कथित मोबाइल चोरी की कोशिश के दौरान एक युवक खिड़की से लटक गया और करीब 100 मीटर तक इसी हालत में रहा। वीडियो की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।
अजमेर: मोबाइल चोरी के विवाद में दिल्ली से आए जायरीन पर चाकू से जानलेवा हमला, आरोपी हिरासत में
अजमेर के गंज थाना क्षेत्र में दिल्ली से जियारत करने आए एक जायरीन पर मोबाइल चोरी के विवाद को लेकर चाकू से हमला कर दिया गया। घायल जायरीन के शोर मचाने पर इलाके में अफरा-तफरी मच गई। सूचना पर पहुंची पुलिस ने घायल को उपचार के लिए भेजा और आरोपी युवक को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है।
काकपोरा: जम्मू-कश्मीर के काकपोरा में सूखी घास से लदे टाटा मोबाइल में लगी भीषण आग
8 अक्टूबर, गुरुवार: काकपोरा में सूखी घास से लदे टाटा मोबाइल में आग लग गई, फायर एंड इमरजेंसी सर्विसेज कश्मीर ने visuals जारी किए।
क्या ज्यादा मोबाइल और सोशल मीडिया बिगाड़ रहा है मानसिक सेहत? जानें डिजिटल स्ट्रेस के संकेत
World Mental Health Day: इस लेख में जानें कि ज्यादा मोबाइल और सोशल मीडिया का इस्तेमाल मानसिक सेहत को कैसे प्रभावित कर सकता है, डिजिटल स्ट्रेस के कौन-कौन से संकेत नजर आते हैं और इससे बचने के लिए क्या उपाय अपनाने चाहिए।
विश्व दृष्टि दिवस: मोबाइल और लैपटॉप के ज्यादा इस्तेमाल से आंखों पर क्या असर पड़ता है?
World Sight Day: अगर आप उन लोगो में से हैं, जो हमेशा लैपटॉप चलाते हैं और मोबाइल देखते हैं तो इस लेख को आखिर तक अवश्य पढ़ें।
गया जी में रेल यात्रियों के मोबाइल चोरी करने वाले दो आरोपी RPF और GRP के हत्थे चढ़े
6 अक्टूबर, मंगलवार: गया जी रेलवे स्टेशन पर यात्रियों के मोबाइल चोरी करने के मामले में RPF और GRP की संयुक्त टीम ने दो आरोपियों को गिरफ्तार किया। पुलिस टीम ने रेल यात्रियों से जुड़े मोबाइल चोरी के मामलों में कार्रवाई करते हुए दोनों को पकड़ा।
वैशाली के रामपुर जारंग में घायल हालत में मिला ऊंट, डॉक्टर हेमंत कुमार ने मोबाइल टीम के साथ किया इलाज
6 अक्टूबर, मंगलवार: वैशाली के पटेढ़ी बेलसर के रामपुर जारंग गांव में लावारिस हालत में घायल ऊंट मिला। सूचना पर डॉक्टर हेमंत कुमार और मोबाइल टीम के सदस्यों ने मौके पर पहुंचकर ऊंट का इलाज किया।
नरसिंहपुर के गाडरवारा में मोबाइल शॉप का शटर उठाकर चोरी, बोरी में भर ले गए करीब 2 दर्जन फोन
6 अक्टूबर, मंगलवार: नरसिंहपुर के गाडरवारा में प्रकाश मोबाइल शॉप में देर रात अज्ञात चोरों ने शटर उठाकर करीब दो दर्जन महंगे मोबाइल फोन चोरी कर लिए। CCTV में दो संदिग्ध वारदात को अंजाम देते दिखे। पुलिस फुटेज और अन्य साक्ष्यों से जांच कर रही है।
बिना इस्तेमाल वाले ऐप्स पर पैसे देना बंद, Gen z का ये ट्रेंड क्यों हो रहा पॉपुलर?
हर महीने बिना सोचे आपके खाते से कई छोटी-छोटी रकम कट रही हैं? जेन जी अब ऐसे खर्चों पर नजर डाल रही है और गैर-जरूरी मेंबरशिप बंद कर रही है। आखिर क्या है ये नया ‘सब्सक्रिप्शन डिटॉक्स’ ट्रेंड?
जोक्स आपको गुदगुदाने के साथ-साथ घर के रोजमर्रा के किस्सों की याद भी दिलाएंगे। तो चलिए, पढ़ते हैं सास-बहू के कुछ ऐसे ही साफ-सुथरे और मजेदार जोक्स
सिंगरौली में इन्फ्लुएंसर निधि की मौत की जांच तेज, मोबाइल चैट और CDR खंगाल रही पुलिस
29 सितंबर, मंगलवार: सिंगरौली में इन्फ्लुएंसर निधि तिवारी की मौत की पुलिस जांच कर रही है। पुलिस ने मोबाइल फोन को अनलॉक कराने रीवा भेजा है। चैट और रिकॉर्डिंग के साथ सोनू, विजय और अजित की CDR भी खंगाली जा रही है।
26 सितंबर, शनिवार: पटना में सीएम ने छात्रों को 300 में 280 अंक का लक्ष्य दिया, अभिभावकों से मोबाइल कम कराने और मीटिंग में आने की अपील।
आधार में मोबाइल नंबर से लेकर पता तक घर बैठे बदलें: 2026 की पूरी प्रक्रिया, शुल्क और जरूरी दस्तावेज
आधार कार्ड आज लगभग हर महत्वपूर्ण सरकारी और वित्तीय काम में इस्तेमाल होने वाला दस्तावेज है। बैंक खाता, मोबाइल कनेक्शन, पेंशन, सरकारी योजनाओं से लेकर आयकर और डिजिटल केवाईसी (KYC) तक कई सेवाओं में आधार से जुड़ी जानकारी सही और अपडेट रखना जरूरी है। लेकिन सवाल यह है कि अगर आधार में मोबाइल नंबर, पता या ई-मेल बदल गया है तो क्या हर बार आधार केंद्र जाना जरूरी है? जवाब है—नहीं। 2026 में UIDAI ने नए Aadhaar App के जरिए कई महत्वपूर्ण सेवाओं को मोबाइल से उपलब्ध कराया है। फिलहाल ऐप में मोबाइल नंबर और पता अपडेट जैसी सुविधाएं उपलब्ध हैं। हालांकि नाम, जन्मतिथि, लिंग और बायोमेट्रिक जैसी सभी जानकारी घर बैठे बदलने की सुविधा नहीं है। इनके लिए परिस्थितियों के अनुसार Aadhaar Enrolment/Update Centre जाना पड़ सकता है। इसे भी पढ़ें: स्टार्टअप के लिए 2 लाख तो PhD में हर महीने 10 हजार, बेटियों के लिए बिहार की सम्राट सरकार की बड़ी योजनाएं # 2026 में आधार में क्या-क्या घर बैठे बदल सकते हैं? एक, मोबाइल नंबर: यह 2026 में सबसे महत्वपूर्ण बदलावों में से एक है। UIDAI के नए Aadhaar App में Mobile Number Update की सुविधा उपलब्ध है। ऐप में मोबाइल नंबर अपडेट करने के लिए Aadhaar number holder को ऐप पर रजिस्ट्रेशन/लॉगिन करना और आवश्यक authentication पूरा करना होता है। UIDAI के अनुसार नए ऐप में Mobile Number Update और Address Update दोनों सेवाएं उपलब्ध हैं। ध्यान रखें कि आपकी स्थिति और authentication requirements के आधार पर प्रक्रिया अलग हो सकती है। इसलिए ऐप में दिखाई देने वाले निर्देशों का पालन करें। दो, पता: आधार में पता बदलने की सुविधा लंबे समय से myAadhaar पोर्टल पर उपलब्ध है और अब नया Aadhaar App भी Address Update सुविधा देता है। ऑनलाइन Address Update के लिए सामान्यतः: Aadhaar Number, Registered Mobile OTP, नया पता, संबंधित दस्तावेज और Submit की प्रक्रिया अपनानी होती है। UIDAI के अनुसार myAadhaar पर ऑनलाइन Address Update के लिए आधार से मोबाइल नंबर रजिस्टर्ड होना जरूरी है और मांगे गए पते के प्रमाण (POA) का दस्तावेज अपलोड करना होता है। तीसरा, ई-मेल: ई-मेल अपडेट की सुविधा भी Aadhaar App में उपलब्ध है। खास बात यह है कि UIDAI ने Aadhaar App के जरिए ई-मेल एड्रेस अपडेट का शुल्क 31 दिसंबर 2026 तक माफ किया है। # अब जानिए कि किन चीजों के लिए आधार केंद्र जाना पड़ सकता है? हर Aadhaar detail को मोबाइल से बदलने की सुविधा अभी उपलब्ध नहीं है। जैसे: नाम: नाम में परिवर्तन के लिए निर्धारित प्रक्रिया के तहत Aadhaar Enrolment/ Update Centre जाना पड़ सकता है और वैध supporting document देना होता है। जन्मतिथि: Date of Birth में बदलाव के लिए भी दस्तावेजों के साथ निर्धारित अपडेट प्रक्रिया अपनानी होती है। UIDAI ने इसके लिए अलग Standard Operating Procedure भी जारी किया है। लिंग: Gender update के लिए भी Aadhaar Centre की assisted update प्रक्रिया उपलब्ध है। फोटो और बायोमेट्रिक: फिंगरप्रिंट, आइरिस और फोटो जैसे biometric updates के लिए Aadhaar Centre जाना पड़ता है। UIDAI के अनुसार biometric update में fingerprint, iris और photograph शामिल हैं। सामान्य परिस्थितियों में biometric update का शुल्क ₹125 है, जबकि निर्धारित आयु-समूहों में Mandatory Biometric Update पर विशेष छूट लागू है। # 2026 में आधार अपडेट का शुल्क कितना है? UIDAI की वर्तमान शुल्क सूची के अनुसार: सेवा-शुल्क Demographic Update अलग से ₹75, Biometric Update सामान्यतः ₹125, Demographic व Biometric Update एक साथ। Biometric update के नियमों के अनुसार, Aadhaar App से Email Update| 31 दिसंबर 2026 तक मुफ्त। myAadhaar से Document Update14 जून 2027 तक मुफ्त। Aadhaar Centre पर Document Updat ₹75. UIDAI की वर्तमान शुल्क सूची में demographic update के अंतर्गत नाम, लिंग, जन्मतिथि, पता, मोबाइल नंबर और ई-मेल आदि शामिल किए गए हैं। अलग से demographic update कराने की फीस ₹75 है। महत्वपूर्ण बात यह है कि बच्चों के Mandatory Biometric Update के लिए अलग शुल्क नियम हैं। 7–15 वर्ष की आयु के बच्चों के लिए शुल्क-माफी की वर्तमान व्यवस्था 30 सितंबर 2026 तक लागू है। # myAadhaar से पता कैसे बदलें? अगर आप वेबसाइट के माध्यम से पता बदलना चाहते हैं तो प्रक्रिया मोटे तौर पर इस प्रकार है: Step 1: UIDAI के myAadhaar पोर्टल पर जाएं। Step 2: Aadhaar number से लॉगिन करें। Step 3: Registered mobile पर आए OTP से authentication करें। Step 4: Address Update विकल्प चुनें। Step 5: नया पता सावधानी से दर्ज करें। Step 6: मांगा गया Proof of Address दस्तावेज अपलोड करें। Step 7: जानकारी को Preview में अच्छी तरह जांचें। Step 8: आवश्यक शुल्क का भुगतान करें। Step 9: Request Submit करें। इसके बाद आपको Update Request Number/ Reference के जरिए स्थिति ट्रैक करने की सुविधा मिल सकती है। UIDAI के अनुसार ऑनलाइन Address Update में अपलोड किए गए दस्तावेजों का verification किया जाता है। # Aadhaar App से अपडेट कैसे करें? नया Aadhaar App Android और iOS दोनों प्लेटफॉर्म पर उपलब्ध है। UIDAI के अनुसार ऐप में Aadhaar number डालकर, Terms/Privacy को स्वीकार करके और Face Authentication पूरा करके registration किया जा सकता है। इसके बाद उपलब्ध सेवाओं में जाकर संबंधित update विकल्प चुना जा सकता है। Aadhaar App की प्रमुख सुविधाएं: Mobile Number Update, Address Update, Biometric Lock/Unlock, Authentication History, e-Aadhaar Download, Aadhaar Verifiable Credential Sharing, Contact Card Sharing and Update Request Tracking. UIDAI ने बताया है कि ऐप के लिए Android 9.0 या उससे ऊपर तथा iOS 16.0 या उससे ऊपर का ऑपरेटिंग सिस्टम आवश्यक है। # Document Update क्या है? यह समझना बहुत जरूरी है कि Document Update और Demographic Update एक ही चीज नहीं हैं। Document Update में पहचान और पते से संबंधित दस्तावेजों को आधार रिकॉर्ड के समर्थन में जमा किया जाता है। UIDAI ने myAadhaar portal पर Document Update की फीस 14 जून 2027 तक माफ की है। जबकि Aadhaar Centre पर Document Update के लिए ₹75 शुल्क निर्धारित है। इसलिए जिन लोगों ने लंबे समय से अपने आधार में पहचान या पते के प्रमाण से जुड़े दस्तावेज अपडेट नहीं किए हैं, उन्हें UIDAI की सलाह और अपने रिकॉर्ड के अनुसार Document Update पर भी ध्यान देना चाहिए। # कौन-कौन से दस्तावेज काम आ सकते हैं? पता अपडेट के लिए UIDAI द्वारा स्वीकार किए जाने वाले वैध Proof of Address दस्तावेजों की सूची में विभिन्न सरकारी और अन्य निर्धारित दस्तावेज शामिल हैं। उदाहरण के तौर पर UIDAI की जानकारी में पासपोर्ट, राशन कार्ड, वोटर आईडी और ड्राइविंग लाइसेंस जैसे दस्तावेजों का उल्लेख है। कुछ परिस्थितियों में बिजली, पानी या लैंडलाइन टेलीफोन बिल भी निर्धारित शर्तों के तहत स्वीकार किए जा सकते हैं। लेकिन कोई भी दस्तावेज अपलोड करने से पहले UIDAI की वर्तमान Supporting Documents List में उसकी पात्रता जरूर जांचें। # घर बैठे अपडेट करते समय इन गलतियों से बचें:- एक, गलत मोबाइल नंबर न डालें: आधार में मोबाइल नंबर गलत दर्ज होने पर OTP आधारित सेवाओं में परेशानी हो सकती है। दो, पता वही लिखें जो दस्तावेज में है। तीन, Address Update में spelling, house number, locality और PIN code को ध्यान से जांचें। तीन, खराब स्कैन/फोटो अपलोड न करें: दस्तावेज साफ और पढ़ने योग्य होना चाहिए। चार, एजेंट से सावधान रहें: आधार अपडेट के नाम पर अनधिकृत व्यक्ति को OTP या Aadhaar PIN जैसी संवेदनशील जानकारी न दें। पांच, OTP किसी से साझा न करें: UIDAI कभी भी फोन पर आपसे OTP बताने के लिए नहीं कहता। # सबसे आसान तरीके से समझिए: 2026 में आधार अपडेट की स्थिति: घर बैठे/मोबाइल से उपलब्ध: मोबाइल नंबर — Aadhaar App, पता — Aadhaar App / myAadhaar, ई-मेल — Aadhaar App और Document Update — myAadhaar. वहीं, केंद्र जाकर कराने वाली प्रमुख सेवाएं: फोटो/बायोमेट्रिक, कई नाम परिवर्तन मामले, जन्मतिथि से जुड़े निर्धारित अपडेट, अन्य ऐसे अपडेट जिनके लिए physical verification/biometric capture जरूरी है। ध्यान रहे कि UIDAI की सेवाओं और नियमों में समय-समय पर बदलाव हो सकता है। इसलिए आवेदन करने से पहले UIDAI के आधिकारिक पोर्टल पर वर्तमान निर्देश देखना सबसे सुरक्षित तरीका है। वस्तुतः आधार अपडेट अब पहले की तुलना में काफी आसान हो गया है। 2026 में नया Aadhaar App नागरिकों को मोबाइल नंबर और पता जैसी महत्वपूर्ण जानकारी अपडेट करने की सुविधा दे रहा है। साथ ही ई-मेल अपडेट के लिए 31 दिसंबर 2026 तक शुल्क माफ है और myAadhaar पर Document Update की मुफ्त सुविधा 14 जून 2027 तक जारी है। लेकिन इसका अर्थ यह नहीं है कि आधार की हर जानकारी घर बैठे बदली जा सकती है। नाम, जन्मतिथि, लिंग और biometric information जैसे मामलों में अभी भी निर्धारित केंद्र-आधारित प्रक्रिया लागू है। इसलिए “आधार में सब कुछ घर बैठे बदलें” के बजाय सही संदेश है—आधार की कई महत्वपूर्ण जानकारियां अब घर बैठे अपडेट करें, लेकिन सभी नहीं। - कमलेश पांडेय वरिष्ठ पत्रकार व स्तम्भकार
मंदसौर में एक महीने से लापता बेटे की तलाश में मोबाइल टावर पर चढ़ा पिता, आश्वासन के बाद उतरा
24 सितंबर, गुरुवार: मंदसौर के नाहरगढ़ थाना क्षेत्र के बरखेड़ा डांगी गांव में एक महीने से लापता 22 वर्षीय सुखदेव की तलाश को लेकर उसके पिता मोबाइल टावर पर चढ़ गए। करीब 2-3 घंटे बाद थाना प्रभारी की समझाइश और आश्वासन के बाद पिता सुरक्षित नीचे उतरे।
कालकाजी मंदिर से सटे आस्था कुंज पार्क में 17 वर्षीय नाबालिग से सामूहिक दुष्कर्म के मामले में पुलिस जांच में नया खुलासा हुआ है।
छोटे शहर के अनोखे आकर्षण और देसी ह्यूमर से दर्शकों का दिल जीतने वाली बहुचर्चित वेब सीरीज 'दुपहिया' (Dupahiya Season 2) अपने दूसरे सीजन के साथ वापसी के लिए पूरी तरह तैयार है। प्राइम वीडियो पर रिलीज हुए इसके धमाकेदार ट्रेलर ने एक बार फिर काल्पनिक गांव 'धड़कपुर' की अनोखी और गोलमटोल दुनिया में हलचल मचा दी है। कभी भारत का एकमात्र अपराध-मुक्त (Crime-Free) गांव माना जाने वाला धड़कपुर अब एक नई मुसीबत के मुहाने पर खड़ा है। इस बार गांव के पूर्व सरपंच बनवारी झा की बंजर जमीन पर लगने वाला एक नया मोबाइल टावर पूरे गांव में अफवाहों, अंधविश्वास, और भयंकर अफरा-तफरी का कारण बन जाता है। 'दुपहिया' सीज़न 2 का ट्रेलर: धड़कपुर में क्या होता है? धड़कपुर कभी भारत का एकमात्र अपराध-मुक्त गाँव माना जाता था। लेकिन अब हालात बदल गए हैं। 'दुपहिया' का ट्रेलर बनवारी और उसके परिवार की वापसी दिखाता है, जो एक बार फिर नई मुश्किलों में फँस गए हैं। इस बार, बनवारी की बंजर ज़मीन पर लगने वाला एक नया मोबाइल टावर अफ़वाहों, अंधविश्वास और अफ़रा-तफ़री का केंद्र बन जाता है। इस बीच, रोशनी अपने SSC एग्ज़ाम की तैयारी में व्यस्त है और अमावस उसके साथ है। एक के बाद एक आती मुश्किलों के बीच, बड़ा सवाल यह है कि क्या धड़कपुर हालात को काबू में रख पाएगा। नया सीज़न छोटे शहर के उस आकर्षण और अनोखे ह्यूमर को बनाए रखने का वादा करता है जिसने पहले सीज़न को लोकप्रिय बनाया था, साथ ही किरदारों को नई स्थितियों में ले जाता है। गजराज राव, रेणुका शहाणे और स्पर्श श्रीवास्तव ने 'दुपहिया' सीज़न 2 के बारे में बात की डायरेक्टर सोनम नायर ने कहा कि पहले सीज़न को मिले रिस्पॉन्स ने इसकी वापसी को और भी खास बना दिया है। उन्होंने कहा, 'दुपहिया' मेरे दिल के बहुत करीब है, और जब से हमने दर्शकों के सामने पहला सीज़न पेश किया है, तब से यह एक रोमांचक सफ़र रहा है। दर्शकों ने पहले सीज़न के लिए जो प्यार दिखाया है और इसके आस-पास जो फ़ैन-बेस बना है, वह बहुत उत्साह बढ़ाने वाला रहा है। मुझे पूरा भरोसा है कि दूसरे सीज़न को भी उतना ही उत्साह मिलेगा। प्राइम वीडियो ने हमेशा क्रिएटर्स और नई, असली और अनोखी कहानियाँ सुनाने के उनके जुनून का समर्थन किया है। इस कास्ट और क्रू के साथ दोबारा काम करना बहुत संतोषजनक रहा है, जिन्होंने इस बार सच में बेहतरीन काम किया है। बनवारी झा का किरदार निभाने वाले गजराज राव ने कहा कि शो की छोटे शहर वाली सेटिंग उन चीज़ों में से एक है जो इसे हर जगह के दर्शकों से जोड़ती है। “'दुपहिया' मेरे पसंदीदा प्रोजेक्ट्स में से एक रहा है। इस सीरीज़ की खासियत यह है कि भले ही इसकी कहानी एक छोटे से, पारंपरिक गाँव में सेट है, लेकिन इसके किरदार, उनके रिश्ते और उनकी रोज़मर्रा की मुश्किलें हर किसी को अपनी-अपनी सी लगती हैं-चाहे आप किसी छोटे शहर में रहते हों, बड़े मेट्रो शहर में या भारत के बाहर। सीज़न 2 में और भी ज़्यादा उथल-पुथल और सरप्राइज़ देखने को मिलेंगे, और साथ ही वही अपनापन और मज़ा भी होगा जिससे दर्शक पहले सीज़न में जुड़ पाए थे। मुझे बेसब्री से इंतज़ार है कि 1 अक्टूबर को जब 'दुपहिया' का सीज़न 2 प्राइम वीडियो पर रिलीज़ होगा, तो सब लोग धड़कपुर वापस आएँगे,” उन्होंने कहा। पुष्पलता के रोल में वापसी कर रहीं रेणुका शहाणे ने भी सीरीज़ में लौटने के बारे में बात की। “पहले सीज़न का अनुभव बहुत शानदार रहा था, इसलिए पुष्पलता के तौर पर 'दुपहिया' में वापसी का मुझे बेसब्री से इंतज़ार था। इस सीरीज़ की जो बात मुझे पसंद है, वह यह है कि यह आम पलों में भी मज़ा ढूँढ लेती है और साथ ही किरदारों को ज़मीन से जुड़ा और असली बनाए रखती है। सीज़न 2 में नई चुनौतियाँ और दाँव-पेच देखने को मिलेंगे, लेकिन धड़कपुर की असली जान-वहाँ के लोग और उनका अनोखापन- वैसे ही बरकरार है।” भूगोल का रोल निभाने वाले स्पर्श श्रीवास्तव ने कहा कि नए सीज़न में उन्हें अपने किरदार के और भी कई पहलू जानने का मौका मिला। उन्होंने कहा “भूगोल उन किरदारों से अलग है जो मैंने अब तक निभाए हैं। ऊपर से देखने पर वह सीधा-सादा लग सकता है, लेकिन उसमें उससे कहीं ज़्यादा गहराई है। उसका रोल निभाते हुए मुझे उन छोटी-छोटी बारीकियों और विरोधाभासों को खोजने में मज़ा आता है जो उसे अनप्रेडिक्टेबल बनाते हैं। नए सीज़न ने मुझे उन सीमाओं को और आगे ले जाने का मौका दिया, और यह मेरे करियर के सबसे संतोषजनक अनुभवों में से एक रहा है।” 'दुपहिया' सीज़न 2 कब रिलीज़ हो रहा है? सोनम नायर द्वारा निर्देशित, 'दुपहिया' का दूसरा सीज़न वहीं से शुरू होता है जहाँ पहला चैप्टर खत्म हुआ था। सलोना बैंस जोशी और शुभ शिवदासानी ने बॉम्बे फिल्म कार्टेल एलएलपी के तहत इस सीरीज़ को बनाया और प्रोड्यूस किया है। अविनाश द्विवेदी और चिराग गर्ग ने इस शो को बनाया और लिखा है। 'दुपहिया' सीज़न 2 का प्रीमियर 1 अक्टूबर, 2026 को प्राइम वीडियो पर होगा। Entertainment News Hindi Today only at Prabhasakshi
16 सितंबर, बुधवार: शिवपुरी के पिछोर क्षेत्र के गूगरी गांव में शराबबंदी की मांग को लेकर कुछ महिलाएं मोबाइल टॉवर पर चढ़ गईं। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर महिलाओं से बातचीत की और कार्रवाई का आश्वासन दिया, जिसके बाद वे नीचे उतर आईं।
हिंदी अब सिर्फ किताबों, अखबारों और दफ्तरों की भाषा नहीं रही।
बेगूसराय में राज्यरानी एक्सप्रेस में मोबाइल छिनतई, विरोध पर अधिवक्ता ट्रेन से गिरकर घायल
11 सितंबर, शुक्रवार, बेगूसराय: चकिया थाना क्षेत्र में राजेंद्र पुल के पास राज्यरानी एक्सप्रेस में बदमाश ने अधिवक्ता से मोबाइल झपटने की कोशिश की। विरोध के दौरान हाथापाई में दोनों ट्रेन से गिर गए। बदमाश 16 हजार का मोबाइल लेकर फरार हो गया और अधिवक्ता घायल हो गए।
सिंगरौली में पत्नी के लापता होने से परेशान युवक मोबाइल टावर पर चढ़ा, आश्वासन के बाद सुरक्षित उतरा
10 सितंबर, गुरुवार: सिंगरौली के बरगवां थाना क्षेत्र में पत्नी के लापता होने से परेशान 28 वर्षीय युवक मोबाइल टावर पर चढ़ गया। पुलिस और प्रशासन की टीम ने कई घंटे समझाइश के बाद उसे सुरक्षित नीचे उतारा। पुलिस ने गुमशुदगी का केस दर्ज कर महिला की तलाश शुरू कर दी है।
अंतरराष्ट्रीय सीमा से सटे कठुआ जिले के हीरानगर स्थित चन्न खत्रियां इलाके में एक कबूतर पकड़ा गया है।
रीवा में 16.632 किलो गांजा, पिस्टल-कारतूस और मोबाइल बरामद, आरोपी गिरफ्तार
27 अगस्त, गुरुवार: रीवा के समान थाना पुलिस ने ऑपरेशन प्रहार 2.0 के तहत गड़रिया नहर के पास घेराबंदी कर एक आरोपी को गिरफ्तार किया। उसके पास से 16.632 किलो गांजा, देशी पिस्टल, मैगजीन, 4 कारतूस और 3 मोबाइल फोन बरामद किए गए। आरोपी के खिलाफ NDPS और आर्म्स एक्ट में केस दर्ज किया गया है।
Rahul Gandhi मोबाइल दिखाकर बोले- ये 21वीं सदी का पिंजरा | Congress | Rajiv Gandhi Birth Anniversary
पूर्व पीएम राजीव गांधी की जयंती पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी समेत देश के कई नेताओं ने उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की. इस मौके पर दिल्ली में हरा भरा स्वाराज कार्यक्रम का आयोजन किया. इसमें कांग्रेस सांसद और लोकसभा में नेता विपक्ष राहुल गांधी पहुंचे. यहां उन्होंने मोबाइल दिखाकर क्या कुछ कहा
iQOO-Redmi Smartphone Price Hike: मोबाइल खरीदने वालों को झटका, 14,000 रुपये तक महंगे हुए फोन
iQOO-Redmi Smartphone Price Hike: मोबाइल खरीदने वालों को झटका, 14,000 रुपये तक महंगे हुए फोन
ग्वालियर में मोबाइल चोर को पकड़ती बहनों का वीडियो झूठे सांप्रदायिक दावे से वायरल
बूम से बातचीत में ग्वालियर पुलिस ने पुष्टि की कि वीडियो में दिख रहा आरोपी मुस्लिम नहीं है और उसकी पहचान मनप्रीत सिंह के रूप में की गई है.
बक्सर पुलिस की बड़ी सफलता: एसपी शुभम आर्य ने बरामद खोए हुए मोबाइल असली धारकों को लौटाए
6 गुरुवार, अगस्त: बक्सर जिले में पुलिस ने अभियान चलाकर लोगों के खोए हुए मोबाइल फोन बरामद किए हैं। इसके बाद बक्सर एसपी शुभम आर्य ने एक कार्यक्रम के दौरान सभी मोबाइल उनके असली धारकों को सौंप दिए। अपने खोए हुए फोन वापस पाकर लोगों के चेहरे खिल उठे और उन्होंने बक्सर पुलिस की इस पहल की सराहना की।
ऑपरेशन यात्री सुरक्षा के तहत गया जंक्शन पर चोरी के दो मोबाइल के साथ एक आरोपी गिरफ्तार
4 मंगलवार, अगस्त:ऑपरेशन यात्री सुरक्षा के तहत गया जंक्शन पर कार्रवाई करते हुए पुलिस ने चोरी के दो मोबाइल फोन के साथ एक आरोपी को गिरफ्तार किया। मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।
Gaya News: 4 मोबाइल के साथ धराए दो चोर
गया जंक्शन पर 'ऑपरेशन यात्री सुरक्षा' के तहत आरपीएफ और जीआरपी के संयुक्त अभियान में यात्रियों से चोरी किए गए चार मोबाइल फोन के साथ दो चोरों को गिरफ्तार किया गया है।
पिसावां में माता-पिता से विवाद के बाद युवक मोबाइल टॉवर पर चढ़ा, तीन घंटे बाद पुलिस ने उतारा
1 शनिवार, अगस्त: पिसावां के चौखड़ियां गांव में माता-पिता से विवाद के बाद एक युवक मोबाइल टॉवर पर चढ़ गया। करीब तीन घंटे की समझाइश के बाद पुलिस ने उसे सुरक्षित नीचे उतारा। पुलिस ने युवक के खिलाफ शांति भंग की कार्रवाई की है।
खैरथल के मुंडावर में ससुराल पक्ष से नाराज युवक मोबाइल टावर पर चढ़ा, पुलिस ने सुरक्षित उतारा
1 शनिवार, अगस्त: खैरथल जिले के मुंडावर क्षेत्र में ससुराल पक्ष से नाराज एक युवक मोबाइल टावर पर चढ़ गया। सूचना पर पहुंची पुलिस और प्रशासन ने समझाइश के बाद उसे सुरक्षित नीचे उतारा। पुलिस मामले की जांच कर रही है और युवक से पूछताछ के साथ काउंसलिंग भी कराई जा रही है।
टीवी अभिनेत्री स्मृति खन्ना का मानना है कि वर्टिकल सीरीज मनोरंजन की दुनिया का भविष्य हैं। उन्होंने बताया कि कम समय के एपिसोड, मोबाइल फ्रेंडली फॉर्मेट और बड़े प्रोडक्शन हाउस की बढ़ती दिलचस्पी इस नए ट्रेंड को तेजी से आगे बढ़ा रही है। साथ ही उन्होंने ...
'कल्कि 2898 AD' के ट्रेलर रिलीज के वक्त मोबाइल फेंकने जा रहे थे अमिताभ बच्चन, खुद बताया पूरा किस्सा
बॉलीवुड फिल्मों के जाने माने मशहूर अभिनेता अमिताभ बच्चन वैसे तो अक्सर ही खबरों में बने रहते हैं. लेकिन इस बार उनके क्रेज का कारण उनका जबरदस्त एक्शन अवतार है. हिंदी फिल्मों के एंग्री यंगमैन कहे जाने वाले अमिताभ बच्चन अपनी नई फिल्म 'कल्कि 2898 AD' के ट्रेलर में एक विस्फोटक एक्शन अवतार में दिखाई दे रहे हैं. निर्देशक नाग अश्विन की इस पैन इंडिया फिल्म में कई लोगों को अमिताभ का एक्शन अवतार, फिल्म के हीरो प्रभास से भी अधिक दमदार लग रहा है. लेकिन इस ऑनस्क्रीन एक्शन अवतार का प्रभाव शायद बच्चन साहब को रियलिटी में भी फील होने लगा है. इधर 'कल्कि 2898 AD' का ट्रेलर रिलीज हुआ तथा उधर अमिताभ बच्चन अपने फोन से इतने नाराज हो गए कि उसे तोड़ने की बात कह गए. अपने ब्लॉग पर 'कल्कि 2898 AD' का ट्रेलर साझा करते हुए बताया कि वो अपने मोबाइल से फ्रस्ट्रेट हो गए हैं. उन्होंने ब्लॉग पोस्ट में लिखा, 'अपना फोन ठीक करने की बड़ी कोशिश कर रहा हूं... पहले से जो सेट था, अचानक बदल गया. तो हर तरफ से मदद लेने का प्रयास कर लिया, लेकिन नाकाम रहा... बहुत फ्रस्ट्रेटिंग है ये... चाह रहा था कि इंग्लिश और हिंदी टाइपिंग, दोनों हों. इंग्लिश में एक हिंदी वर्ड लिखूं और वो देवनागरी में आ जाए... मगर कई घंटे लिंक्स और एक्स्पेरिमेंट्स फॉलो करने के बाद, अब मैं खिड़की से बाहर फेंककर अपना फोन तोड़ डालने के बहुत करीब हूं.' कुछ देर पश्चात् बच्चन साहब ने साफ किया कि वो सच में अपना मोबाइल नहीं फेंकने जा रहे, बस गुस्सा जाहिर कर रहे हैं. उन्होंने लिखा, 'नहीं नहीं नहीं... ऐसी किस्मत कहां... बस गुस्सा निकाल रहा हूं.' अपने ब्लॉग पोस्ट में अमिताभ ने ये भी कहा कि 'कल्कि 2898 AD' एवं 'Section 84 IPC' के पश्चात्, वो समझ नहीं पा रहे कि अगला प्रोजेक्ट क्या चुनना है. उन्होंने लिखा कि आज एक अभिनेता के पास 'मैनेजमेंट एक्सपर्ट्स से लेकर एजेंट्स तक' इतने सारे लोग होते हैं, ये बताने के लिए कि मार्किट में किस प्रकार का कंटेंट चल रहा है तथा सिनेमा लवर्स क्या पसंद कर रहे हैं, क्या नहीं. मगर उनके दौर में ऐसा कुछ नहीं था. अमिताभ ने कहा, 'हम सिर्फ अगली जॉब का मौका खोज रहे होते थे, जिससे हम घर चलाने की, नौकरी बनाए रखने की शर्त पूरी कर सकें. अब बात अलग हो गई है. नई जेनरेशन इस तरह सोचती है, ऐसे चलती है कि... मैं बाद एक काम खोजूंगा और उम्मीद करूंगा कि काम मिले और बस मेरा 'किचन चलता रहे.' अमिताभ बच्चन की अगली फिल्म 'कल्कि 2898 AD' का ट्रेलर सोमवार शाम को रिलीज हुआ है. इस फिल्म में अमिताभ, अश्वत्थामा का माइथोलॉजी बेस्ड भूमिका निभा रहे हैं तथा ट्रेलर में जनता उनके किरदार और काम को बहुत पसंद कर रही है. 'ये मेरी चॉइस है, मेरे मां-बाप…', जहीर इकबाल संग शादी पर आई सोनाक्षी सिन्हा की प्रतिक्रिया शूटिंग से 4 दिन पहले डायरेक्टर ने किया एक्ट्रेस को फिल्म से बाहर, सालों बाद खुद किया चौंकाने वाला खुलासा सैलरी पर हो रही चर्चा को लेकर आई 'पंचायत' के सचिव जी की प्रतिक्रिया, जानिए क्या कहा?
तमन्ना भाटिया को महाराष्ट्र साइबर सेल द्वारा आईपीएल मैचों की अवैध स्ट्रीमिंग में उनकी कथित संलिप्तता के संबंध में पूछताछ के लिए बुलाया गया है। उनसे 29 अप्रैल को पूछताछ के लिए पेश होने की उम्मीद है। संजय दत्त भी इस मामले से जुड़े थे, लेकिन अपनी पूर्व प्रतिबद्धताओं के कारण, वह 23 अप्रैल को पूछताछ सत्र में शामिल नहीं हो सके। इसके बजाय, उन्होंने अपना बयान दर्ज करने के लिए एक अलग तारीख की मांग की। फेयरप्ले, जो महादेव ऑनलाइन गेमिंग ऐप की सहायक कंपनी है, को क्रिकेट, पोकर, कार्ड गेम्स और टेनिस जैसी विभिन्न लाइव गेम्स पर अवैध सट्टेबाजी से जोड़ा गया है। पिछले साल यह ऐप सुर्खियों में आया जब रणबीर कपूर और श्रद्धा कपूर जैसे अभिनेताओं, जिन्होंने इस ऐप का प्रचार किया, को प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) द्वारा पूछताछ के लिए बुलाया गया। महादेव ऑनलाइन सट्टेबाजी ऐप दुबई से संचालित होता है, जिसे भिलाई, छत्तीसगढ़ के रहने वाले सौरभ चंद्राकर और रवि उप्पल चलाते हैं। उन्होंने नए ग्राहकों को आकर्षित करने के लिए नई वेबसाइटें और चैट समूह बनाकर विभिन्न रणनीतियों का उपयोग किया और सामाजिक मीडिया प्लेटफॉर्म पर भुगतान किए गए विज्ञापनों के माध्यम से लोगों को आकर्षित किया। ईडी एक साल से अधिक समय से महादेव ऐप से जुड़ी मनी लॉन्ड्रिंग के मामले की जांच कर रही है, जिसमें छत्तीसगढ़ के विभिन्न हाई प्रोफ़ाइल राजनेता और अधिकारियों के शामिल होने का आरोप लगाया गया है। भीड़ में पापा अमिताभ को सँभालते नजर आए अभिषेक बच्चन, फैंस कर रहे तारीफ इतनी छोटी स्कर्ट पहनकर इवेंट में पहुंच गई ऋतिक रोशन की Ex वाइफ, हुई Oops मोमेंट का शिकार ऐश्वर्या राय संग इंटीमेट सीन पर बोले रणबीर कपूर- 'हाथ कांप रहे थे फिर...'

