अब गांव की महिलाएं भी करेंगी डिजिटल लेन-देन कच्चापाल में सीखी मोबाइल बैंकिंग की बारीकी
नारायणपुर| सुदूर वनांचल के गांवों में अब महिलाएं भी मोबाइल से बैंकिंग और डिजिटल लेन-देन करेंगी। बैंकिंग सुविधाओं से दूर रहने वाली ग्रामीण महिलाओं को आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनाने के लिए नियद नेल्लानार योजना के तहत ग्राम कच्चापाल में विशेष प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया। इसमें महिलाओं और स्व-सहायता समूहों को मोबाइल बैंकिंग, यूपीआई और क्यूआर कोड से भुगतान करने का व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया गया। खास बात यह रही कि तकनीकी जानकारी महिलाओं को उनकी स्थानीय गोंडी और अबूझमाड़िया भाषा में समझाई गई। यह कार्यक्रम छत्तीसगढ़ विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी परिषद (सीसीओएसटी), रायपुर के प्रायोजन और शासकीय स्वामी आत्मानंद स्नातकोत्तर महाविद्यालय, नारायणपुर के तत्वावधान में आयोजित हुआ। कार्यक्रम में महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. एसआर कुंजाम और रामकृष्ण मिशन विवेकानंद विद्या मंदिर आश्रम, कच्चापाल के प्राचार्य कमलेश शर्मा मौजूद रहे।
खाद लेने के लिए अब कतारों से मिलेगी मुक्ति, घर बैठे मोबाइल से कटेगा टोकन
भास्कर न्यूज | राजनांदगांव रबी सीजन में किसानों को खाद लेने के लिए अब दुकानों और समितियों के चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे। उर्वरक वितरण में पारदर्शिता लाने के लिए जिले में नई टोकन व्यवस्था शुरू की गई है। इसके तहत किसान घर बैठे मोबाइल से टोकन जारी कराकर अपनी नजदीकी सहकारी समिति या निजी उर्वरक दुकान से खाद खरीद सकेंगे। इसके लिए भारत सरकार और छत्तीसगढ़ शासन की पहल पर फ्रेमवर्क फॉर फर्टिलाइजर सेल (एफएफएस) प्रणाली लागू की गई है। व्यवस्था शुरू होने के पहले दिन जिले के 35 किसानों ने टोकन जारी कराकर निर्धारित दर पर उर्वरक प्राप्त किया। किसानों को इसके लिए एफएफएस मोबाइल एप डाउनलोड करना होगा। आधार नंबर और फार्मर आईडी से लॉगइन करने के बाद अपनी भूमि और बोई जाने वाली फसल की जानकारी अपडेट करनी होगी। इसके बाद जरूरत के अनुसार उर्वरक का चयन कर नजदीकी सहकारी समिति या निजी विक्रय केंद्र चुनकर टोकन जारी किया जा सकेगा। जारी टोकन की वैधता दो दिन रहेगी। इस अवधि में किसान को चयनित केंद्र पहुंचकर खाद का उठाव करना होगा। दो दिन बाद टोकन स्वत: निरस्त हो जाएगा। बिना टोकन खाद बेचने पर की जाएगी कार्रवाई उप संचालक कृषि टीकम सिंह ठाकुर ने बताया कि निजी उर्वरक विक्रेताओं को भी ई-टोकन के आधार पर ही खाद का विक्रय करना होगा। बिना ई-टोकन उर्वरक बेचने पर संबंधित विक्रेता के खिलाफ वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। बताया गया कि इस व्यवस्था से उर्वरकों के अवैध परिवहन, कालाबाजारी और जमाखोरी पर नियंत्रण लगाने में मदद मिलेगी। इसके साथ ही किसानों को उनके रकबे और बोई गई फसल के अनुसार निर्धारित मात्रा में उर्वरक मिल सकेगा।
जेल में मोबाइल फोन प्रतिबंधित है। इसके बावजूद कुख्यात बदमाश शाहिद इटारसी उर्फ शाहिद अंसारी का फोन पर बात करते हुए वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। इंस्टाग्राम पर पोस्ट इस रील में शाहिद फोन पर बात करता नजर आ रहा है। वीडियो के जेल के अंदर का होने का दावा किया जा रहा है। सवाल है कि प्रतिबंधित क्षेत्र में मोबाइल कैसे पहुंचा, वीडियो किसने बनाया और सोशल मीडिया तक कैसे पहुंचा? जेल प्रबंधन का कहना है कि वीडियो एडिटेड हो सकता है। फिर भी जांच कराई जाएगी। सोशल मीडिया पर जो वीडियो अपलोड किया गया है, उसमें बैकग्राउंड में एक महिला की आवाज आ रही है। वह पूछती है- आप काम क्या करते हैं? जवाब मिलता है- मैं जो करता हूं, वो गूगल बता देगा। हम अपने मुंह से नहीं बताते। रील के साथ लिखा गया है- ‘इटारसी कंपनी। यह नाम नहीं, ब्रांड है। हम आज भी वही हैं, जो कल थे।’ जमानत पर बाहर आया तो 100 से ज्यादा गाड़ियों का निकाला जुलूस जहांगीराबाद निवासी शाहिद का नाम 4 अगस्त 2024 को कोहेफिजा में शफीक गोलू के घर गोलीबारी में सामने आया था। मामले में 10 आरोपियों में से 9 गिरफ्तार हुए। फरार शाहिद को 2026 में गिरफ्तार कर जेल भेजा गया। अक्टूबर में जमानत पर बाहर आने के बाद उसने 100 से ज्यादा वाहनों का जुलूस निकाला, जिससे 8 किमी लंबा जाम लगा। अब जेल के अंदर का बताया जा रहा वीडियो वायरल है। 72 रील्स और वीडियो पोस्ट शाहिद पर हत्या के प्रयास, गोलीबारी और मारपीट समेत कई मामले दर्ज हैं। उसके इंस्टाग्राम अकाउंट पर करीब 2 हजार फॉलोअर्स हैं। अब तक 72 रील्स और वीडियो पोस्ट किए जा चुके हैं। 13 जुलाई 2026 के एक वीडियो में पुलिस उसे गांधी मेडिकल कॉलेज के बाहर हथकड़ी लगाकर ले जाती दिख रही है। ऐसा संभव नहीं, फिर भी जांच कराऊंगा भोपाल सेंट्रल जेल के उप जेल अधीक्षक मंगू सिंह मरावी ने कहा कि जेल में मोबाइल ले जाना प्रतिबंधित है। ऐसा संभव नहीं है। वीडियो एडिट करके बनाया गया होगा। फिर भी इसकी जांच कराई जाएगी।
Ghaziabad News: मोबाइल फोन हैक करके खाते से निकले 3.05 लाख रुपये
कौशांबी। मोबाइल फोन हैक करके एक व्यक्ति के खाते से 3.05 लाख रुपये निकल गए। पीड़ित का आरोप है कि दो दिन तक उसका मोबाइल अपने आप बंद होकर चालू हुआ।
Bijnor News: मोबाइल अपडेट के नाम पर खाते से उड़ाए 84 हजार रुपये
Rs 84,000 siphoned from account under the pretext of a mobile update
Shahjahanpur News: चार लेखपालों पर दो बार हमला, चेन और मोबाइल लूटने का आरोप
तिलहर (शाहजहांपुर)। अस्पताल रोड पर बाइक सवार दो युवकों ने लेखपालों की बाइक में टक्कर मारकर उन्हें गिरा दिया और ईंट से हमला कर मोबाइल छीन लिए।
जगदलपुर दीपा सागर मौत मामला: परिवार का दावा मोबाइल से कॉल डिटेल, चैट गायब, फॉरेंसिंक जांच होगी
जगदलपुर में दीपा सागर की मौत के मामले में नया मोड़ आया है जहां परिजनों ने दीपा के मोबाइल से कॉल डिटेल और चैट डिलीट होने की आशंका जताई है।
सीकर के बाजारों में दीपावली की धूम नजर आ रही है। दीपावली पर ग्राहकों के लिए बाजार सज चुके हैं। धनतेरस की पूर्व संध्या पर गुरुवार को हर दुकान के बाहर रोशनी और ग्राहकों के लिए स्वागत द्वार लगाए गए हैं। इस बार ट्रेडिशनल झालरों को नए लुक में बाजार में बेचा जा रहा है। मिट्टी के दीपक भी अब डिजाइनिंग लुक में बिक रहे हैं। सीकर में नगर परिषद की ओर से सभी मुख्य सड़कों और चौराहों को भी सजाया गया है। सभी सड़कों के डिवाइडर पर लाइटिंग की गई है। वहीं मोबाइल एप से कंट्रोल होने वाली लाइटें भी बाजार में उपलब्ध हैं। देखें सीकर के बाजार की सजावट… दीपावली पर घर-आंगन को रोशनी से सजाने का उत्साह इस बार भी बाजारों में दिखाई दे रहा है। रंग-बिरंगी झालरों से लेकर लेजर और वाटरफॉल लाइट तक की बाजार में भरमार है। हालांकि इस बार सजावटी चाइनीज लाइटों की खरीदारी के लिए लोगों को जेब कुछ ज्यादा ढीली करनी पड़ रही है। पिछले साल के मुकाबले इस बार विभिन्न प्रकार की सजावटी लाइटों की कीमत करीब 15 प्रतिशत महंगी हुई है, लेकिन इनके खरीददारों के उत्साह में कोई कमी नहीं है। लाइटिंग के कई ऑप्शन सामान्य फेयरी लाइट, जो पिछले साल करीब 36 रुपए में मिल रही थी। उसकी कीमत इस बार बढ़कर करीब 44 रुपए हो गई है। इसके बावजूद नए डिजाइन और आकर्षक रोशनी वाली झालरें लोगों को लुभा रही हैं। इस बार बाजार में ट्रेडिशनल झालरों के साथ सजावट के कई नए ऑप्शन भी उपलब्ध हैं। घरों के मुख्य द्वार, बालकनी, छत और लॉन को आकर्षक बनाने के लिए अलग-अलग इफेक्ट वाली लाइटें पसंद की जा रही हैं। सामान्य राइस लाइट और फेयरी लाइट की डिमांड सामान्य राइस लाइट और फेयरी लाइट की डिमांड हर साल की तरह बनी हुई है। कम कीमत और आसानी से लगाने की सुविधा के कारण लोग इन्हें घरों की खिड़कियों, दरवाजों और बालकनी में लगाना पसंद करते हैं। वहीं, 5 मीटर लंबी फ्लेक्सिबल नियोन पाइप लाइट भी सजावट का नया विकल्प बनकर सामने आई है। इसकी कीमत करीब 500 रुपए है। इसे मोड़कर अलग-अलग आकार और डिजाइन में लगाया जा सकता है। वाटरफॉल कर्टन, फायरवर्क इफेक्ट और लेजर लाइट को भी खूब पसंद किया जा रहा है। आंगन में रंगोली जैसे घूमते हुए रोशनी के पैटर्न बनाने के लिए लेजर लाइट का विकल्प भी है। इसकी कीमत करीब 500 रुपए है। सजावटी लाइटों के साथ छोटे झूमर और भगवान की तस्वीर वाले छोटे झूमर और लैंप भी पसंद किए जा रहे हैं।
सिरसा जिले में डबवाली क्षेत्र के गांव देसूजोधा में दुकान से 4 लाख 69 हजार रुपए की नकदी चोरी के मामले में पुलिस ने करीब एक माह से फरार आरोपी राजेंद्र कुमार को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने उसकी निशानदेही पर 2 लाख रुपए और चोरी की रकम से खरीदा मोबाइल फोन बरामद किया है। पुलिस प्रवक्ता के मुताबिक, मंडी डबवाली निवासी मोहित की मांगेआना रोड पर आढ़त एवं कीटनाशक की दुकान है। शिकायत के अनुसार, मोहित 1 अक्टूबर 2026 की शाम दुकान बंद कर घर चला गया था। अगली सुबह दुकान खोलने पर काउंटर के गल्ले का ताला टूटा और सामान बिखरा मिला। दुकान का पिछला दरवाजा तोड़ की चोरी जांच में दुकान का पिछला दरवाजा भी टूटा मिला। गल्ले में रखे 4 लाख 69 हजार रुपए गायब थे। पुलिस अधीक्षक जसलीन कौर के निर्देश और डीएसपी मुख्यालय योगेश कटारिया के नेतृत्व में पुलिस टीम ने मामले की जांच की। टीम ने संभावित ठिकानों पर दबिश देकर आरोपी को गिरफ्तार किया। आरोपी को कोर्ट में पेश कर पुलिस रिमांड लिया गया। रिमांड के दौरान उसकी निशानदेही पर नकदी और मोबाइल फोन बरामद किए गए।
अजमेर मंडल में रेल यात्रियों को मिलेगी बड़ी सुविधा, अब मोबाइल ऐप से बुक होंगे कुली और व्हीलचेयर
अजमेर। रेलवे ने यात्री सुविधाओं को डिजिटल तकनीक से जोड़ने की दिशा में एक नई पहल की है। अब रेल यात्रियों को स्टेशन पर कुली या व्हीलचेयर तलाशने के लिए परेशान नहीं होना पड़ेगा। यात्री अपने मोबाइल फोन या वेबसाइट के माध्यम से पहले से ही यात्री सहायक (कुली) और व्हीलचेयर सेवा की बुकिंग कर […] The post अजमेर मंडल में रेल यात्रियों को मिलेगी बड़ी सुविधा, अब मोबाइल ऐप से बुक होंगे कुली और व्हीलचेयर appeared first on Sabguru News .
रतलाम पुलिस ने गुरुवार को 100 लोगों को उनके गुम हुए मोबाइल लौटा दिए। इन मोबाइल की कीमत करीब 20 लाख रुपए है। पुलिस की साइबर टीम ने CEIR पोर्टल की मदद से रतलाम सहित दूसरे जिलों से ये मोबाइल खोजे। इस साल अब तक पुलिस 300 गुम मोबाइल उनके मालिकों को लौटा चुकी है। गुरुवार शाम पुलिस कंट्रोल रूम में एसपी अमित कुमार और एएसपी विवेक कुमार लाल ने लोगों को उनके मोबाइल सौंपे। दीपावली से पहले अपना फोन वापस पाकर लोग खुश नजर आए। CEIR पोर्टल से खोजे मोबाइल एएसपी विवेक कुमार लाल ने बताया कि साइबर सेल ने केंद्र सरकार के CEIR पोर्टल की मदद से मोबाइल की जानकारी जुटाई। इसके बाद रतलाम के अलावा इंदौर, धार, मंदसौर, नीमच, उज्जैन और झाबुआ सहित दूसरे जिलों से अलग-अलग कंपनियों के मोबाइल मिले। जांच में पता चला कि ज्यादातर मोबाइल लोगों को रास्ते में गिरे हुए मिले थे। वे उन्हें इस्तेमाल कर रहे थे। पुलिस ने ऐसे लोगों को समझाया कि आगे से कोई गुम मोबाइल मिले तो उसे थाने में जमा कराएं। मोबाइल सुरक्षा-ठगी से बचने की जानकारी दी मोबाइल लौटाने के दौरान एसपी और एएसपी ने लोगों को फोन सुरक्षित रखने और ऑनलाइन ठगी से बचने के तरीके बताए। दीपावली पर ऑनलाइन खरीदारी करते समय सावधानी बरतने को भी कहा। एसपी ने अपील की कि किसी को गुम या लावारिस मोबाइल मिले तो उसे पास रखने के बजाय नजदीकी थाने में जमा कराएं। ऐसा करने वाले जागरूक लोगों को पुलिस उचित पुरस्कार से सम्मानित करेगी। इस अभियान में निरीक्षक अमित कोरी, उप निरीक्षक जीवन बारिया, प्रधान आरक्षक मनमोहन शर्मा, लक्ष्मीनारायण सूर्यवंशी, हिम्मत सिंह और आरक्षक विपुल भावसार, मयंक व्यास, राहुल पाटीदार, तुषार सिसौदिया सहित साइबर टीम की भूमिका रही।
छिंदवाड़ा पुलिस की बड़ी सफलता, 151 गुम मोबाइल लौटाए; कीमत 26 लाख से ज्यादा
छिंदवाड़ा पुलिस द्वारा इसी वर्ष लगभग 1 करोड़ 47 लाख 17 हजार रुपये के 752 मोबाइल उनके मालिकों को सुपुर्द किये जा चुके है।
शाहजहांपुर पुलिस की बड़ी कामयाबी, 40 लाख रुपए के 201 खोए और चोरी हुए मोबाइल बरामद
Lucknow, 5 नवंबर . उत्तर प्रदेश की शाहजहांपुर Police ने एक अहम अभियान के तहत अलग-अलग कंपनियों के 201 मोबाइल फोन बरामद किए हैं, जो जिले के विभिन्न…
बिहार पुलिस मुख्यालय के निर्देश पर चलाए जा रहे विशेष अभियान ‘ऑपरेशन मुस्कान’ के 12वें चरण में सहरसा पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। जिले के विभिन्न थानों में दर्ज सनहा और प्राथमिकी के आधार पर पुलिस ने करीब 50 लाख रुपए मूल्य के 251 गुम और चोरी हुए मोबाइल फोन बरामद किए हैं। गुरुवार को पुलिस केंद्र में आयोजित कार्यक्रम में एसपी विक्रम सिहाग ने सभी मोबाइल उनके वास्तविक धारकों को सौंपे। महीनों और वर्षों बाद अपना खोया मोबाइल वापस मिलने पर लोगों के चेहरे खिल उठे। उन्होंने पुलिस की इस पहल की सराहना की। ''तिनका-तिनका जोड़कर खरीदा था मोबाइल'' सौरबाजार थाना क्षेत्र के कंचनपुर कचरा निवासी वीणा देवी ने बताया कि उन्होंने तिनका-तिनका पैसा जोड़कर 12,500 रुपए में मोबाइल खरीदा था। 30 अगस्त 2026 को वह आयुर्वेदिक इलाज के लिए सलखुआ थाना क्षेत्र के माठा गांव गई थीं। इसी दौरान उनका मोबाइल खो गया। काफी खोजबीन के बाद भी फोन नहीं मिला तो उन्होंने सलखुआ थाने में प्राथमिकी दर्ज कराई। उन्हें उम्मीद नहीं थी कि मोबाइल वापस मिलेगा, लेकिन पुलिस ने उसे खोजकर लौटा दिया। इससे वह बेहद खुश हैं। जन्मदिन पर पिता ने दिया था मोबाइल, बाजार में खो गया बिहरा थाना क्षेत्र की मनीषा कुमारी बीए पार्ट-वन की छात्रा हैं। उन्होंने बताया कि जन्मदिन पर पिता ने उन्हें 14 हजार रुपए का मोबाइल उपहार में दिया था। अगस्त में बिहरा बाजार आने के दौरान मोबाइल कहीं गिरकर खो गया। इसके बाद उन्होंने बिहरा थाने में प्राथमिकी दर्ज कराई थी। मोबाइल वापस मिलने पर उन्होंने खुशी जाहिर की। किस्त पर खरीदा था 23 हजार का फोन लक्ष्मीनिया गांव निवासी संजीत कुमार ठाकुर ने बताया कि उन्होंने 23 हजार रुपए का मोबाइल किस्त पर खरीदा था। डीबी रोड बाजार आने के दौरान उनका मोबाइल खो गया था। इस संबंध में उन्होंने जुलाई में सदर थाना में प्राथमिकी दर्ज कराई थी। अब फोन वापस मिलने से वह काफी खुश हैं। 12 चरणों में 1,111 मोबाइल धारकों को लौटाए पुलिस के अनुसार, ऑपरेशन मुस्कान के पहले से 12वें चरण तक कुल 1,111 मोबाइल बरामद कर उनके धारकों को लौटाए जा चुके हैं। इन मोबाइल की अनुमानित कीमत 2 करोड़ 6 लाख 42 हजार 83 रुपए है। अभियान के तहत सदर थाना के श्याम बाबू ने 40, सिमरी बख्तियारपुर के प्रभाष कुमार ने 34, बसनही के रौशन कुमार रजक ने 32, सोनवर्षा राज के सुमन कुमार सुमन ने 30 और सौरबाजार की रितिका कुमारी ने 28 मोबाइल बरामद किए। मोबाइल गुम होने पर थाने और CEIR पोर्टल पर करें शिकायत एसपी विक्रम सिहाग ने लोगों से अपील की कि मोबाइल गुम या चोरी होने पर तत्काल नजदीकी थाने में सनहा या प्राथमिकी दर्ज कराएं। इसके साथ ही दूरसंचार विभाग के सीईआईआर (CEIR) पोर्टल पर भी शिकायत दर्ज करें, ताकि मोबाइल को ट्रैक कर ब्लॉक किया जा सके।
रायपुर में मोबाइल बैंकिंग सिखाने के नाम पर बड़ा धोखा, बुजुर्ग के खाते से उड़ाए 5.46 लाख रुपये
तिल्दा-नेवरा में बैंक कर्मचारी बनकर ठग ने 76 वर्षीय बुजुर्ग को मोबाइल बैंकिंग सिखाने के बहाने फंसाया। एटीएम और ओटीपी की जानकारी लेकर उनके खाते से 5.46 लाख रुपये पार कर दिए।
जामताड़ा पुलिस ने गुप्त सूचना पर छापेमारी कर साइबर ठगी के तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया। पुलिस ने उनके पास से 8 लाख 13 हजार रुपए नकद, आठ मोबाइल फोन और छह सिम कार्ड जब्त किए। गिरफ्तार आरोपियों में नारायणपुर थाना क्षेत्र के बोरोवा गांव के बबलू अंसारी (22), करमाटांड़ थाना क्षेत्र के काशीटांड़ गांव के पप्पू मंडल (25) और प्रकाश कुमार मंडल (28) शामिल हैं। एसपी शंभू कुमार सिंह ने गुरुवार को साइबर थाना में मामले की जानकारी दी। एसपी ने बताया कि साइबर अपराधियों के बारे में गुप्त सूचना मिलने के बाद साइबर डीएसपी अमित रविदास के नेतृत्व में छापेमारी दल बनाया गया। टीम में साइबर थाना प्रभारी और पुलिस निरीक्षक राजेश मंडल, पुलिस निरीक्षक अनिल अभिषेक, पुलिस निरीक्षक अमित कुमार, पुलिस अवर निरीक्षक हीरालाल महतो और कुंदन कुमार वर्मा समेत अन्य पुलिसकर्मी शामिल थे। पुलिस ने पहले बोरोवा गांव में बबलू अंसारी के घर छापा मारा। वहां से चार मोबाइल फोन और 8 लाख 13 हजार रुपए नकद मिले। इसके बाद पुलिस ने सूचना के आधार पर करमाटांड़ थाना क्षेत्र के काशीटांड़ आम बागान के पास छापा मारा। वहां से पप्पू मंडल और प्रकाश कुमार मंडल को गिरफ्तार किया गया। उनके पास से चार मोबाइल फोन मिले। पुलिस ने कुल आठ मोबाइल और छह सिम कार्ड जब्त किए। क्रेडिट कार्ड और कैशबैक के नाम पर करते थे ठगी पुलिस के अनुसार, साइबर अपराधी ठगी के लिए लोगों को फोन कर क्रेडिट कार्ड से संबंधित समस्याओं का झांसा देते थे। इसके बाद उनके मोबाइल पर Rumyee App का फर्जी APK फाइल भेजते थे। लोगों को इसे इंस्टॉल करने के लिए प्रेरित किया जाता था। जैसे ही कोई व्यक्ति इस फर्जी एप को इंस्टॉल करता था, साइबर अपराधी उसके मोबाइल से संबंधित जानकारियां प्राप्त कर साइबर ठगी को अंजाम देते थे। इसके अलावा अपराधी PhonePe के नाम पर 1,999 रुपये कैशबैक मिलने का फर्जी मैसेज भेजते थे। ग्राहकों को कैशबैक स्वीकार (Accept) करने के लिए कहा जाता था। जैसे ही व्यक्ति दिए गए निर्देशों का पालन करता था, उसे फर्जी एप के माध्यम से ठगी का शिकार बनाया जाता था। दो साइबर मामलों में दर्ज हुआ केस इस मामले में साइबर अपराध थाना कांड संख्या 71/26 एवं 72/26, दिनांक 4 नवंबर 2026 को दर्ज किया गया है। दोनों मामलों में भारतीय न्याय संहिता (BNS) 2023, सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम (IT Act) तथा दूरसंचार अधिनियम 2023 की संबंधित धाराओं के तहत प्राथमिकी दर्ज कर आगे की कार्रवाई की जा रही है। पहले भी साइबर अपराध में आरोपित रह चुके हैं दो आरोपी पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार आरोपियों में पप्पू मंडल का पूर्व में जामताड़ा साइबर अपराध थाना कांड संख्या 33/25 में नाम आया था और इस मामले में आरोप पत्र समर्पित किया जा चुका है। वहीं, प्रकाश कुमार मंडल भी साइबर अपराध थाना कांड संख्या 09/25 में आरोपित है और उसके विरुद्ध भी आरोप पत्र समर्पित किया जा चुका है। पुलिस ने बताया कि गिरफ्तार आरोपियों का कार्यक्षेत्र देश के विभिन्न राज्यों तक फैला हुआ था। मामले में आगे की जांच की जा रही है। पुलिस साइबर अपराध से जुड़े अन्य लोगों और इनके नेटवर्क की जानकारी जुटाने में लगी है।
गाजीपुर में पुलिस ने खोए और गुम हुए 251 मोबाइल फोन बरामद कर उनके मालिकों को लौटा दिए। इनकी अनुमानित कीमत 58 लाख 23 हजार 200 रुपए बताई गई है। गुरुवार दोपहर 1 बजे फोन उनके असली मालिकों को सौंपे गए। पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर गुम मोबाइल फोन खोजने का अभियान चलाया जा रहा है। अपर पुलिस अधीक्षक ग्रामीण और नगर, सभी क्षेत्राधिकारियों की निगरानी में सर्विलांस और स्वाट टीम के साथ जिले के अलग-अलग थानों की पुलिस ने कार्रवाई की। मोबाइल गुम होने की शिकायतों पर जांच के बाद टीमों ने 251 फोन बरामद किए। दीपावली से पहले फोन वापस मिलने पर लोगों ने पुलिस अधीक्षक और सर्विलांस-स्वाट टीम का आभार जताया।
गुरुग्राम में इफ्को चौक मेट्रो स्टेशन के पास एमजी रोड पर बाइक सवार युवकों ने ऑटो में जा रही महिला का मोबाइल छीन लिया। वारदात 31 अक्टूबर की बताई जा रही है, जिसका डैशकैम वीडियो 5 नवंबर को सोशल मीडिया पर वायरल हुआ। वीडियो में दिखाई दे रहा है कि एक ऑटो इफ्को चौक मेट्रो स्टेशन के पास से गुजर रहा है। इसी दौरान पीछे से बाइक सवार युवक कार को ओवरटेक करते हुए ऑटो के बराबर पहुंचता है और महिला के हाथ से मोबाइल छीन लेता है। हैरानी की बात यह है कि बाइक चला रहे युवक ने एक हाथ से हैंडल संभालते हुए दूसरे हाथ से मोबाइल छीना। वारदात के बाद आरोपी ट्रैफिक के बीच फरार हो गया। पुलिस ने सेक्टर-29 थाने में केस दर्ज कर आरोपियों की तलाश शुरू कर दी है। बाइक चलाते हुए एक हाथ से छीना मोबाइल डैशकैम वीडियो में दिख रहा है कि इफ्को चौक मेट्रो स्टेशन के पास एक ऑटो जा रहा है। उसके पीछे चल रही कार को ओवरटेक करके बाइक सवार युवक ऑटो के पास पहुंचता है। इसके बाद वह बाइक का हैंडल एक हाथ से संभालते हुए दूसरे हाथ से ऑटो में बैठी महिला का मोबाइल छीन लेता है। चलते ट्रैफिक में वारदात कर आरोपी फरार वारदात चलते ट्रैफिक के बीच हुई। मोबाइल छीनने के बाद आरोपी बाइक लेकर वाहनों के बीच से निकल गया। अचानक हुई घटना से ऑटो में बैठी महिला सहम गई। जब तक वह संभल पाती, आरोपी मौके से फरार हो चुका था। सेक्टर-29 थाने में केस दर्ज वायरल वीडियो का पुलिस की सोशल मीडिया टीम ने भी संज्ञान लिया है। पुलिस के अनुसार, मामले में सेक्टर-29 थाने में केस दर्ज किया गया है। आरोपियों की पहचान कर उनकी तलाश की जा रही है।
संतकबीरनगर: पिता और बहन की प्रताड़ना से परेशान युवक पत्नी संग मोबाइल टावर पर चढ़ा, चार घंटे बाद उतरा
महुली क्षेत्र के कोदवट में बुधवार सुबह एक दंपती पारिवारिक विवाद से परेशान होकर मोबाइल टावर पर चढ़ गया। ग्रामीणों ने तत्परता दिखाते हुए पत्नी को सुरक्षित उतार लिया, जबकि पति टावर के सबसे ऊपरी हिस्से पर चढ़ गया।
आधार में घर बैठे जोड़ें नया मोबाइल नंबर! 8 स्टेप्स में पूरा होगा काम
Aadhaar Mobile Number Update: आधार कार्ड में पुराना मोबाइल नंबर दर्ज है और OTP नहीं मिल पाता, तो अब नया नंबर अपडेट कराने का एक आसान विकल्प है. UIDAI के नए Aadhaar App से मोबाइल नंबर बदलने के लिए आवेदन किया जा सकता है. इसमें OTP और फेस ऑथेंटिकेशन की प्रक्रिया पूरी करनी होगी.
नैनीताल: छह माह में 250 चोरी के मोबाइल बरामद, देशभर से रिकवर हुए फोन कल लौटाए जाएंगे
नैनीताल जिले में पिछले छह माह में चोरी हुए 250 मोबाइल पुलिस ने देश के विभिन्न राज्यों से बरामद किए। एसएसपी डॉ. मंजूनाथ टीसी के अनुसार मोबाइल सेल की ट्रैकिंग से ये रिकवर हुए, जो बृहस्पतिवार को लोगों को सौंपे जाएंगे।
सहपाठी छात्रा को मोबाइल नंबर देना 12वीं के एक छात्र को भारी पड़ गया। इससे नाराज चार युवकों ने छात्र को घर के बाहर से बाइक पर बैठाया और श्मशान घाट के पास ले जाकर अर्धनग्न कर बेल्ट और डंडों से बेरहमी से पीटा।
पठानकोट में किसान से स्नैचिंग:कार सवार झपटमारों ने की वारदात; मोबाइल व सोने की चेन छीनी
पठानकोट के थाना सदर के बहलोलपुर रोड पर कार सवार लुटेरों ने एक किसान को मदद करने का दिखावा देकर मोबाइल और सोने की चेन छीन ली। थाना सदर पुलिस ने अज्ञात झपटमारों पर मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। शिकायत में गांव भोआ निवासी राजेश कुमार ने शिकायत में बताया कि आज तड़के करीब 2:30 बजे वे अपने मूली की फसल ऑटो में लदवाकर खुद मोटरसाइकिल पर सवार होकर सब्जी मंडी पठानकोट जा रहे थे। किसान के मुताबिक जब वे बहलोलपुर मोड़ के पास पहुंचे, तो लघुशंका के लिए रुके और उनके साथी ऑटो लेकर आगे निकल गए। इसी दौरान सामने की ओर से एक काले रंग की कार आई, जिसका नंबर अंधेरे के कारण शिकायतकर्ता नहीं देख पाया। कार चालक ने उसके पास आकर कार रोकी और शीशा नीचे करके राजेश से पूछा, भाई साहब, आपने कहां जाना है? लेकिन, इससे पहले कि किसान राजेश कुमार जवाब देता उससे पहले ही कार की दूसरी तरफ से एक अन्य युवक बाहर निकला। उसने आते ही शिकायतकर्ता की जेब में रखा मोबाइल फोन और गले में पहनी सोने की चेन झपट ली और तुरंत कार में बैठकर मौके से फरार हो गया। मामला दर्ज, लुटेरों की तलाश में जुटी पुलिस पुलिस को राजेश ने बताया कि वारदात के बाद उसने काफी शोर मचाया। लेकिन सुबह के 2:45 बजे के बीच सड़क पर कोई मौजूद नहीं था। काफी घबराने के बाद हिम्मत जुटाकर पीड़ित ने थाना सदर पहुंचकर पुलिस को पूरी आपबीती बताई और शिकायत दर्ज कराई। सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही पुलिस जांच अधिकारी एएसआई सुरिंदर सिंह ने पीड़ित के बयानों के आधार पर अज्ञात कार सवार युवकों के खिलाफ BNS की धारा 304(2) और 3(5) के तहत मामला दर्ज कर लिया गया है। पुलिस आसपास के इलाके के सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही है ताकि अज्ञात लुटेरों का सुराग लगाकर उन्हें जल्द गिरफ्तार किया जा सके।
रायपुर में मोबाइल गुम होते ही बैंक खाता खाली, रिटायर्ड बुजुर्ग के यूपीआई से उड़ाए 3 लाख रुपये
रायपुर में मोबाइल गुम होने के बाद ठगों ने सेवानिवृत्त बुजुर्ग के यूको बैंक खाते से यूपीआई के जरिए तीन लाख रुपये उड़ा लिए। डीडी नगर पुलिस ने केस दर्ज कर जांच शुरू की।
दीपावली के अवसर पर श्रीरामजन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र न्यास ने श्रीराम मन्दिर के निर्माण में विभिन्न रूपों में सहयोग देने वाले रामभक्तों को शुभकामना सन्देश भेजा है। न्यास के महासचिव पूज्य स्वामी गोविन्ददेव गिरि की ओर से भेजे गये इस सन्देश में रामभक्तों के योगदान के प्रति कृतज्ञता व्यक्त की गई है। दीपावली सत्य और धर्म की विजय का पर्व है। श्रीरामलला के अपने जन्मस्थान पर पुनः विराजमान होने से अयोध्या में इस पर्व का विशेष महत्त्व है। उद्देश्य सहयोगी रामभक्तों से भविष्य में भी सम्पर्क बनाये रखना इस अवसर पर न्यास ने उन सभी रामभक्तों के सहयोग का स्मरण किया, जिन्होंने अपनी श्रद्धा और सामर्थ्य के अनुसार मन्दिर निर्माण में योगदान दिया। शुभकामना सन्देश के साथ एक लिंक भी भेजा गया है। रामभक्तों से आग्रह किया गया है कि वे इस लिंक के माध्यम से अपना नाम, वर्तमान पूरा पता, मोबाइल नम्बर और ई-मेल पता दर्ज करें। इस पहल का उद्देश्य सहयोगी रामभक्तों से भविष्य में भी सम्पर्क बनाये रखना है। उनकी वर्तमान जानकारी उपलब्ध होने से न्यास को अपने सन्देश और आवश्यक सूचनाएँ उन तक पहुँचाने में सुविधा होगी।
ChatGPT की छुट्टी! आ गया भारत का अपना AI, बिना इंटरनेट मोबाइल पर चलेगा Dhir और EKA-1 मॉडल
India Homegrown AI Models: भारत ने AI के क्षेत्र में आत्मनिर्भरता की ओर एक बड़ा कदम बढ़ाया है. सरकार के IndiaAI Mission के सहयोग से देश के अपने तीन नए AI मॉडल्स EKA-1, Dhir 2B और Dhir 5B लॉन्च किए गए हैं.
वीडियो देखने के लिए छोटे भाई से बहन ने मोबाइल छीना, गुस्से में 7 साल के रितिक ने लगाई फांसी
उरई में मोबाइल को लेकर बहन से हुए विवाद के बाद सात साल के बच्चे ने फांसी लगाकर जान दे दी। बहन के मोबाइल छीनकर भागने से नाराज बच्चे ने यह कदम उठा लिया। कुछ देर बाद बहन ने उसे फंदे पर लटका देखा। अस्पताल ले जाने पर डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। घटना से परिवार में कोहराम मच गया।
महराजगंज: प्रेमी से शादी की जिद पर मोबाइल टावर पर चढ़ी युवती
महराजगंज: प्रेमी से शादी की जिद पर मोबाइल टावर पर चढ़ी युवती
संतकबीरनगर: पारिवारिक विवाद से परेशान दंपती मोबाइल टावर पर चढ़ा, चार घंटे बाद उतरा पति
संतकबीरनगर: पारिवारिक विवाद से परेशान दंपती मोबाइल टावर पर चढ़ा, चार घंटे बाद उतरा पति
उरई जिले में कालपी बार एसोसिएशन के अध्यक्ष गयादीन अहिरवार की हत्या के मामले में मुख्य आरोपी मोनू यादव तक पहुंचने में उसके पिता अजय कुमार का एक मैसेज पुलिस के लिए अहम सुराग बन गया।
फिरोजपुर सेंट्रल जेल में कैदी समेत 11 बंदियों से 9 मोबाइल और नशा बरामद
फिरोजपुर सेंट्रल जेल में प्रतिबंधित सामान पहुंचने और बंदियों तक मोबाइल की पहुंच का सिलसिला थम नहीं रहा है। जेल प्रशासन की ओर से की गई जांच के दौरान बंदियों से 9 मोबाइल, 8 कूल लिप, आधी पुड़िया जर्दा और 10 ग्राम तंबाकू बरामद किया गया है। मामले में जेल प्रशासन की शिकायत पर 11 बंदियों पर पंजाब प्रिजन एंड करेक्शनल सर्विसेज एक्ट 2026 की धाराओं 42(1) और 48(2) के तहत थाना सिटी फिरोजपुर में केस दर्ज किया गया है। जेल प्रशासन की शिकायत के अनुसार, 28 अक्टूबर को बंदी सचिन गिल उर्फ बोबो निवासी वार्ड नंबर-1, खटीक मंडी, ग्वाल टोली से एक की-पैड मोबाइल बरामद हुआ। 29 अक्टूबर को बंदी राजबीर सिंह निवासी गांव लखमीर के उताड़ से चार बीड़ियां, 8 कूल लिप और आधी पुड़िया जर्दा मिली। इसी दिन बंदी अलबख्श उर्फ काका निवासी गांव खलचियां जदीद से एक टच स्क्रीन मोबाइल और बंदी संदीप सिंह से एक टच स्क्रीन मोबाइल बरामद किया गया। 30 अक्टूबर को बंदी हरप्रीत सिंह निवासी गांव जंडवाला मीरा सांगला, जिला फाजिल्का से एक टच स्क्रीन मोबाइल और 31 अक्टूबर को बंदी जगजीत सिंह उर्फ जग्गू निवासी गांव अर्नीवाला से एक टच स्क्रीन मोबाइल, बंदी बलविंदर सिंह उर्फ रिंकू निवासी बेदी कॉलोनी फिरोजपुर से की-पैड मोबाइल बरामद हुआ। इसके बाद 1 नवंबर को बंदी मुख्तियार सिंह निवासी गांव पल्ला मेघा से की-पैड मोबाइल और बंदी हरशदीप सिंह उर्फ पीयूष निवासी अशोक नगर लुधियाना से एक कीपैड मोबाइल बरामद किया गया। 1 नवंबर को ही हाई रिस्क कैदी आकाश चौहान निवासी अटेरना, सोनीपत के कब्जे से करीब 10 ग्राम तंबाकू की पुड़िया मिली। वहीं, 2 नवंबर को बंदी सुखविंदर कुमार उर्फ सुक्खा निवासी गढ़ पथाना से एक टच स्क्रीन मोबाइल बरामद किया गया। जांच अधिकारी एसआई सुखदेव सिंह के अनुसार, मामलों की जांच की जा रही है।
स्टूडेंट ने दिखाई पंजाब की विरासत, नशा, मोबाइल की लत और विदेश पलायन जैसे मुद्दों को भी उठाया
भास्कर न्यूज | लुधियाना पंजाब कृषि विश्वविद्यालय में इंटर कॉलेज यूथ फेस्टिवल 2026-27 का रंगारंग आयोजन हो रहा है। जिसमें बुधवार को ढोल की थाप और रंग-बिरंगी सांस्कृतिक शोभायात्रा के साथ विद्यार्थियों ने पंजाब की समृद्ध विरासत, संस्कृति और मौजूदा सामाजिक चुनौतियों को प्रदर्शित किया। शोभायात्रा में पंजाब की कृषि प्रधान पहचान, पांच नदियों का महत्व, बुजुर्गों का सम्मान और बच्चों के प्रति प्यार जैसे विषयों को दर्शाया गया। वहीं, नशे का बढ़ता चलन, मोबाइल की लत और युवाओं का विदेशों की ओर पलायन जैसे मुद्दे भी उठाए गए। विद्यार्थियों ने अपनी प्रस्तुतियों के माध्यम से पंजाब को फिर से 'रंगला पंजाब' बनाने का संदेश दिया। कार्यक्रम में बुधवार को मुख्य अतिथि के रूप में पहुंचे पंजाब के वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा ने कहा कि पंजाब समृद्ध और विशिष्ट सांस्कृतिक विरासत वाला प्रदेश है। यहां के युवाओं ने हमेशा यूथ फेस्टिवल, सांस्कृतिक कार्यक्रमों और खेल गतिविधियों में बढ़-चढ़कर भाग लिया है। उन्होंने कहा कि पीएयू ने पंजाब को देश का अन्न भंडार यानी ब्रेड बास्केट ऑफ इंडिया बनाने में महत्वपूर्ण योगदान दिया है और विश्वविद्यालय को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाई है। उन्होंने बताया कि पिछले वर्ष विश्वविद्यालय के बुनियादी ढांचे के विकास के लिए 30 करोड़ रुपये आवंटित किए गए थे। अब विश्वविद्यालय को गर्ल्स और बॉयज हॉस्टल के विस्तार और मजबूती के लिए अगली ग्रांट मिलने की उम्मीद है। इसके लिए उन्होंने पीएयू प्रशासन से प्रस्ताव तैयार कर भेजने को कहा, ताकि राशि आवंटित की जा सके। पीएयू के कुलपति डॉ. हरविंदर सिंह धालीवाल ने कहा कि यूथ फेस्टिवल का आयोजन युवाओं को अपनी प्रतिभा पहचानने, उसे निखारने और सामने लाने का अवसर देने के उद्देश्य से किया गया है। पीएयू ने डॉ. जेएस भल्ला और बल मुकुंद शर्मा जैसे कलाकारों के साथ डॉ. सुरजीत पातर, कुलवंत विर्क और प्रो. मोहन सिंह जैसे महान पंजाबी साहित्यकार दिए हैं। विश्वविद्यालय भविष्य में भी ऐसी प्रतिभाओं को आगे लाने के लिए प्रयासरत रहेगा। डायरेक्टर स्टूडेंट्स वेलफेयर डॉ. केएस सूरी ने अतिथियों का स्वागत करते हुए यूथ फेस्टिवल को जीवन का उत्सव बताया। यूथ फेस्टिवल में पीएयू के विभिन्न कॉलेजों और संस्थानों के विद्यार्थी उत्साह से भाग ले रहे हैं। इनमें लुधियाना स्थित कॉलेज ऑफ एग्रीकल्चर, कॉलेज ऑफ हॉर्टिकल्चर एंड फॉरेस्ट्री, कॉलेज ऑफ एग्रीकल्चरल इंजीनियरिंग एंड टेक्नोलॉजी, कॉलेज ऑफ बेसिक साइंसेज एंड ह्यूमैनिटीज और कॉलेज ऑफ कम्युनिटी साइंस शामिल हैं। इसके अलावा बल्लोवाल सौंखड़ी स्थित कॉलेज ऑफ एग्रीकल्चर तथा बठिंडा और गुरदासपुर के कृषि संस्थानों के विद्यार्थी भी विभिन्न प्रतियोगिताओं में हिस्सा ले रहे हैं। कार्यक्रम के दौरान बोर्ड ऑफ मैनेजमेंट के सदस्य डॉ. अशोक कुमार, पीएयू के पूर्व डीएसडब्ल्यू डॉ. निर्मल जौरा, जम्मू स्थित शेर-ए-कश्मीर यूनिवर्सिटी ऑफ एग्रीकल्चरल साइंसेज एंड टेक्नोलॉजी के पूर्व वीसी डॉ. जेपी शर्मा और आईसीएआर के एडीजी (हॉर्टिकल्चर) डॉ. वीपी पटेल को सम्मानित किया गया। अंत में पीएयू के कुलपति ने मुख्य अतिथि हरपाल सिंह चीमा को फुलकारी और स्मृति चिह्न देकर सम्मानित किया। डॉ. टीएस रियार, एडिशनल डायरेक्टर कम्युनिकेशन ने धन्यवाद प्रस्ताव प्रस्तुत किया।
Panchkula News: हिंसक गेम और मोबाइल की लत से बचाने के लिए किया जा रहा जागरूक
हिंसक गेम और मोबाइल की लत से बचाने के लिए किया जा रहा जागरूक
Jaunpur News: मोबाइल एप से घर बैठे जमा कर सकेंगे डिजिटल जीवन प्रमाण पत्र
You will be able to submit your digital life certificate from home using a mobile app.
Burn wards are being set up in 11 hospitals, mobile transformers and fire brigade units have been deployed, and large vehicles are being restricted from entering markets.
Jalaun News: मोबाइल छीनने से नाराज सात वर्षीय बच्चे ने फंदा लगाकर दी जान
मोबाइल छीनने से नाराज सात वर्षीय बच्चे ने फंदा लगाकर दी जान
Saharanpur News: दो बदमाशों ने बाइक सवार से नकदी और मोबाइल लूटा
Two miscreants robbed a motorcyclist of cash and a mobile phone.
पहचान और पते के सबसे प्रमुख प्रमाण के रूप में आधार कार्ड की जरूरत हर सरकारी और गैर-सरकारी काम में पड़ती है। कई बार यात्रा के दौरान, बैंक में खाता खोलते समय या किसी जरूरी काम के वक्त मूल भौतिक कार्ड घर पर छूट जाता है। ऐसे में भारतीय विशिष्ट पहचान प्राधिकरण (UIDAI) द्वारा जारी इलेक्ट्रॉनिक आधार यानी 'ई-आधार' (e-Aadhaar) पूरी तरह से वैध और मान्य विकल्प है। सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम और आधार नियमों के तहत डिजिटल रूप से डाउनलोड किया गया ई-आधार मूल प्रिंटेड कार्ड के समान ही कानूनी मान्यता रखता है।यदि आपका मोबाइल नंबर आधार के साथ पंजीकृत (Link) है, तो आप अपने स्मार्टफोन से मात्र 5 मिनट के भीतर आधिकारिक पोर्टल से पीडीएफ फॉर्मेट में डिजिटल आधार डाउनलोड कर सकते हैं। इसके लिए किसी साइबर कैफे जाने की जरूरत नहीं होती। आप सीधे यूआईडीएआई की वेबसाइट या मोबाइल ऐप के जरिए यह काम घर बैठे सुरक्षित रूप से पूरा कर सकते हैं।myAadhaar पोर्टल से आधार कार्ड डाउनलोड करने का स्टेप-बाय-स्टेप प्रोसेसस्मार्टफोन के किसी भी वेब ब्राउज़र (जैसे क्रोम या सफारी) के जरिए आधार डाउनलोड करने की सबसे तेज और सुरक्षित विधि इस प्रकार है:सबसे पहले अपने मोबाइल ब्राउज़र में UIDAI का आधिकारिक पोर्टल myaadhaar.uidai.gov.in खोलें।होमपेज पर नीचे स्क्रॉल करें और क्विक सर्विसेज सेक्शन में दिए गए 'Download Aadhaar' विकल्प पर टैप करें।अब आपके सामने पहचान दर्ज करने के तीन विकल्प दिखाई देंगे:Aadhaar Number (आधार संख्या)Enrolment ID / EID (नामांकन पर्ची संख्या - 28 अंक)Virtual ID / VID (16 अंकों की वर्चुअल आईडी)अपनी सुविधानुसार किसी एक विकल्प को चुनें और निर्धारित बॉक्स में अपना विवरण दर्ज करें।स्क्रीन पर दिख रहा कैप्चा कोड (Captcha Code) सही-सही भरें और 'Send OTP' बटन पर क्लिक करें।आपके पंजीकृत मोबाइल नंबर पर 6 अंकों का एक वन-टाइम पासवर्ड (OTP) प्राप्त होगा।अब ओटीपी दर्ज करने से पहले स्क्रीन पर एक चेकबॉक्स दिखेगा: Do you want a masked Aadhaar?। यदि आप सुरक्षा कारणों से केवल अंतिम चार अंक ही दिखाना चाहते हैं, तो इस पर टिक करें; यदि पूरा पहचान नंबर चाहिए, तो इसे अनटिक (खाली) रहने दें।मोबाइल पर आया 6 अंकों का ओटीपी दर्ज करें और 'Verify & Download' बटन पर टैप करें।सत्यापन सफल होते ही आपके फोन में ई-आधार की पासवर्ड-प्रोटेक्टेड पीडीएफ (PDF) फाइल तुरंत डाउनलोड हो जाएगी।आधार कार्ड पीडीएफ का पासवर्ड क्या होता है? खोलने का सही तरीकाई-आधार डाउनलोड होने के बाद जब आप उस पीडीएफ फाइल को खोलने का प्रयास करते हैं, तो सुरक्षा कारणों से वह एक पासवर्ड मांगता है। लाखों उपयोगकर्ता यहीं पर भ्रमित हो जाते हैं कि पासवर्ड में क्या दर्ज करना है।यूआईडीएआई के आधिकारिक नियमों के अनुसार, ई-आधार फाइल का पासवर्ड कुल 8 अक्षरों (8 Characters) का एक निश्चित संयोजन होता है:आपके नाम के पहले चार अक्षर (अंग्रेजी के कैपिटल लेटर्स में)आपके जन्म का वर्ष (YYYY फॉर्मेट में)उदाहरण के जरिए समझें:यदि किसी व्यक्ति का नाम SURESH KUMAR है और उनका जन्म वर्ष 1990 है, तो उनका पीडीएफ पासवर्ड SURE1990 होगा।यदि किसी का नाम ANITA SHARMA है और जन्म का वर्ष 1985 है, तो पासवर्ड ANIT1985 दर्ज करना होगा।यदि किसी के नाम में केवल तीन अक्षर हैं, जैसे RIA SINGH और जन्म वर्ष 2002 है, तो नाम के तीन अक्षर और सरनेम का पहला अक्षर मिलकर चार अक्षर बनेंगे, यानी पासवर्ड RIAS2002 होगा।mAadhaar ऐप और डिजिलॉकर से आधार कार्ड कैसे निकालें?यदि आप बार-बार वेबसाइट पर जाकर ओटीपी दर्ज करने के झंझट से बचना चाहते हैं, तो सरकारी मोबाइल ऐप्स का उपयोग एक बेहद सुगम और स्थायी विकल्प है:1. mAadhaar मोबाइल ऐप के जरिए: गूगल प्ले स्टोर या एप्पल ऐप स्टोर से आधिकारिक 'mAadhaar' ऐप डाउनलोड करें। ऐप में अपने रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर से लॉगिन करें। 'Download Aadhaar' विकल्प पर जाकर नियमित (Regular) या नकाबपोश (Masked) आधार चुनकर ओटीपी के जरिए पीडीएफ सेव कर सकते हैं। इसके अलावा ऐप में 'My Aadhaar Profile' सेट करने के बाद बिना डाउनलोड किए भी स्क्रीन पर हमेशा डिजिटल कार्ड प्रदर्शित किया जा सकता है।2. डिजिलॉकर (DigiLocker) के माध्यम से: भारत सरकार के आधिकारिक 'DigiLocker' ऐप या पोर्टल (digilocker.gov.in) पर अकाउंट बनाएं। 'Issued Documents' सेक्शन में जाकर 'UIDAI' सर्च करें और अपना आधार विवरण सत्यापित करें। इसके बाद डिजिलॉकर आपके डिजिटल आधार को सीधे क्लाउड में सुरक्षित कर देता है। इसे ऑफलाइन भी कभी भी देखा और कानूनी सत्यापन के लिए प्रस्तुत किया जा सकता है।यदि रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर बंद या खो गया है तो क्या करें?यदि आपका मोबाइल नंबर बंद हो चुका है, खो गया है या आधार से लिंक नहीं है, तो ऑनलाइन ओटीपी आधारित ई-आधार डाउनलोड नहीं किया जा सकता। ऐसी स्थिति में आपके पास दो विकल्प होते हैं:पहला विकल्प 'Order Aadhaar PVC Card' का है। यूआईडीएआई की वेबसाइट पर 'गैर-पंजीकृत मोबाइल नंबर' (Non-registered Mobile Number) दर्ज करके भी पीवीसी कार्ड ऑर्डर करने की सुविधा मिलती है। इसके लिए ₹50 का सरकारी शुल्क ऑनलाइन जमा करना होता है, जिसके बाद स्पीड पोस्ट के जरिए वॉटरप्रूफ प्लास्टिक पीवीसी कार्ड सीधे आपके पते पर भेज दिया जाता है।दूसरा विकल्प अपने नजदीकी अधिकृत आधार सेवा केंद्र (Aadhaar Seva Kendra) या बैंक/डाकघर केंद्र पर जाना है। वहां ऑपरेटर आपके बायोमेट्रिक्स (अंगूठे का निशान या आइरिस स्कैन) के जरिए पहचान सत्यापित करके नया मोबाइल नंबर अपडेट कर देगा या मौके पर ही आधार का प्रिंटआउट निकाल कर दे देगा।
लखनऊ में बाइक सवार बदमाशों ने चलते ई-रिक्शे में बैठी युवती का मोबाइल लूटने की कोशिश की। अचानक मोबाइल छीने जाने से युवती पीछे की ओर पलटी और संतुलन बिगड़ने से सड़क पर गिरकर घायल हो गई। राहगीरों की सूचना पर पहुंची गाजीपुर पुलिस ने उसे लोहिया संस्थान में भर्ती कराया। हालांकि, पुलिस मोबाइल लूट की घटना से इनकार कर रही है। इंस्पेक्टर का दावा है कि युवती ई-रिक्शे से गिरकर घायल हुई है। अभी तक पीड़िता ने कोई तहरीर नहीं दी है। घटना गाजीपुर थाना क्षेत्र के डी ब्लॉक में मंगलवार रात की है। मोबाइल छीनकर भागे बदमाश, सड़क पर गिरी युवती रिंग रोड टेढ़ी पुलिया निवासी अनुराधा मंगलवार रात मुंशीपुलिया चौराहे से ई-रिक्शे पर सवार होकर चिनहट के कमता जा रही थीं। ई-रिक्शा नौबस्ता निवासी अरविंद गौतम चला रहा था। डी ब्लॉक के पास पीछे से बाइक सवार एक बदमाश आया और चलते ई-रिक्शे में बैठी अनुराधा का मोबाइल छीनकर भाग निकला। अनुराधा ने शोर मचाते हुए पीछे मुड़कर बदमाश को देखने की कोशिश की। इसी दौरान संतुलन बिगड़ने से वह सड़क पर गिरकर घायल हो गईं। राहगीरों ने लोहिया संस्थान पहुंचाया युवती के गिरते ही चालक अरविंद ने ई-रिक्शा रोक दिया। आसपास मौजूद राहगीरों ने भी अपने वाहन रोककर अनुराधा को सड़क से उठाया। युवती ने लोगों को बताया कि बाइक सवार बदमाश उनका मोबाइल लूटकर भागा है। सूचना पर पहुंची गाजीपुर पुलिस ने राहगीरों की मदद से घायल अनुराधा को लोहिया संस्थान पहुंचाया। इंस्पेक्टर बोले- मोबाइल लूट नहीं हुई गाजीपुर इंस्पेक्टर राजेश कुमार मौर्या ने बताया कि युवती की ओर से अभी कोई तहरीर नहीं दी गई है। प्रारंभिक जानकारी के मुताबिक, मोबाइल लूट की घटना नहीं हुई है। युवती ई-रिक्शे से संतुलन बिगड़ने के कारण गिरकर घायल हुई है। मोबाइल लड़की के पास ही मिला है। मामले की जांच की जा रही है। तहरीर मिलने पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। सआदतगंज में युवक का मोबाइल लूटा उधर, सआदतगंज के नौबस्ता निवासी गफ्फार ने बताया कि सोमवार रात करीब 9:30 बजे वह गिरधारा सिंह स्कूल के पास मोबाइल पर बिजली मिस्त्री से बात करते हुए जा रहा था। तभी बाइक सवार बदमाश उसका मोबाइल छीनकर भाग निकले। गफ्फार ने शोर मचाते हुए बदमाशों का पीछा किया, लेकिन वे तेजी से फरार हो गए। पीड़ित ने सआदतगंज थाने में मोबाइल लूट की रिपोर्ट दर्ज कराई है।
झांसा देकर ठगी करने वाला साइबर ठग गिरफ्तार:18 चेकबुक, 25 बैंक पासबुक, 17 एटीएम कार्ड, 3 मोबाइल बरामद
सोशल मीडिया पर मोटा मुनाफे का झांसा देकर साइबर ठगी करने वाले युवक को नगरफोर्ट थाना पुलिस ने गिरफ्तार किया है। आरोपी के खिलाफ नेशनल साइबर क्राइम रिपोर्टिंग पोर्टल (एनसीआरपी) पर दो शिकायतें दर्ज मिली हैं, जिनमें एक लाख रुपए से अधिक की ठगी की राशि सामने आई है। पुलिस ने आरोपी के कब्जे से अलग-अलग बैंकों की 18 चेकबुक, 25 पासबुक, 17 एटीएम कार्ड, तीन मोबाइल फोन और जियो वाई-फाई डिवाइस बरामद की है। एसपी रोशन मीणा के निर्देश पर साइबर अपराधियों के खिलाफ चलाए जा रहे ऑपरेशन साइबर वॉर के तहत नगरफोर्ट थाना पुलिस ने यह कार्रवाई की। पुलिस ने 1 नवंबर को ककोड़ रोड स्थित भोजपुरा गांव में एक संदिग्ध युवक को डिटेन कर तलाशी ली। उसके पास से बड़ी संख्या में बैंक दस्तावेज और अन्य इलेक्ट्रॉनिक उपकरण मिले। पूछताछ और प्रारंभिक जांच में उसकी पहचान दिलखुश मीणा (25) पुत्र आत्माराम मीणा निवासी धारोला, थाना नगरफोर्ट के रूप में हुई। पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर बीएनएस की धारा 318(4), 319(2) और आईटी एक्ट की धारा 66डी के तहत मामला दर्ज किया है। सोशल मीडिया पर निवेश का झांसा देकर करता था ठगीपुलिस के अनुसार आरोपी सोशल मीडिया ऐप के जरिए आमजन को रुपये निवेश करने पर कम समय में मोटी रकम मिलने का लालच देता था। इस झांसे में लेकर लोगों से ठगी करता था। एनसीआरपी पोर्टल पर दर्ज दो शिकायतों में एक लाख रुपए से अधिक की धोखाधड़ी सामने आई है। आरोपी के पास से मिले बैंक दस्तावेजों की संबंधित बैंकों से जानकारी जुटाई जा रही है। पुलिस को आशंका है कि इन खातों और दस्तावेजों का इस्तेमाल साइबर ठगी की रकम के लेनदेन में किया गया हो सकता है। इनके आधार पर ठगी के नेटवर्क और अन्य वारदातों की जानकारी जुटाई जा रही है।
राजस्थान में 44 लाख से अधिक पशुओं का पंजीकरण, मोबाइल वेटनरी वैन से 16.80 लाख को मिला मुफ्त इलाज
कैबिनेट मंत्री जोराराम कुमावत की समीक्षा बैठक: 1962 टोल-फ्री सेवा से मिला घर बैठे इलाज, अकालग्रस्त क्षेत्रों में चारा डिपो खोलने के निर्देश।
ललितपुर पुलिस ने 125 खोए मोबाइल लौटाए:फोन की कीमत करीब 24 लाख रुपए, दीपावली से पहले मालिकों को सौंपे
ललितपुर पुलिस ने दीपावली से पहले 125 खोए और गिरे मोबाइल फोन उनके असली मालिकों को लौटा दिए। इन मोबाइलों की कीमत करीब 24 लाख रुपए बताई गई है। फोन देश के अलग-अलग राज्यों और उत्तर प्रदेश के कई जिलों से बरामद किए गए थे। बुधवार दोपहर 2 बजे पुलिस लाइन सभागार में एसपी संजीव कुमार बाजपेई ने मोबाइल उनके मालिकों को सौंपे। पुलिस के मुताबिक, अपना फोन वापस पाकर लोगों ने पुलिस को धन्यवाद दिया। पुलिस ने बताया कि जनसुनवाई में खोए मोबाइल के लिए मिले आवेदनों के बाद सर्विलांस टीम और थानों की टीमों ने अभियान चलाया। इस दौरान अलग-अलग कंपनियों के 125 मल्टीमीडिया फोन बरामद किए गए। एसपी ने मोबाइल बरामद करने वाली टीम को पुरस्कृत भी किया। टीम में उप निरीक्षक अरुण पवार (प्रभारी सर्विलांस), उप निरीक्षक अतुल तिवारी (प्रभारी स्वाट), हेड कांस्टेबल जिनेन्द्र सिंह, हेड कांस्टेबल प्रशान्त कुमार, कांस्टेबल रोहित कुमार, कांस्टेबल गौरव शर्मा, कांस्टेबल संजय अवस्थी और कांस्टेबल मोहित सिंह शामिल थे।
शहडोल में कोतवाली पुलिस ने बुधवार दोपहर जुआ खेलने की सूचना पर दो जगह दबिश दी। विंध्या नर्सिंग कॉलेज ग्राउंड और कल्याणपुर के जंगल से पुलिस ने 12 लोगों को पकड़ा। उनके पास से नकदी, जुआ खेलने की सामग्री और मोबाइल फोन जब्त किए गए। दो जगह जुआ खेलते मिले लोग पुलिस के मुताबिक, बुधवार दोपहर कोतवाली थाना क्षेत्र के विंध्या नर्सिंग कॉलेज ग्राउंड और कल्याणपुर के जंगल में जुआ खेलने की सूचना मिली थी। इसके बाद पुलिस टीम ने दोनों जगह दबिश देकर 12 लोगों को पकड़ा। जुआ एक्ट के तहत कार्रवाई पुलिस ने मौके से हजारों रुपए की नकदी, जुआ खेलने की सामग्री और मोबाइल फोन जब्त किए। सभी आरोपियों के खिलाफ जुआ एक्ट के तहत कार्रवाई की गई है। हालांकि, पुलिस ने पकड़े गए लोगों के नाम और जब्त सामान की संख्या नहीं बताई है। दीपावली से पहले शहर और आसपास के इलाकों में जुए के फड़ चलने की बात सामने आई है।
छत्तीसगढ़ के बीजापुर के भोपालपट्टनम ब्लॉक के रायगुड़ा गांव के जंगल में मुर्गा लड़ाई की आड़ में जुआ खेल रहे 156 लोगों को पुलिस ने पकड़ा है। छत्तीसगढ़ के अलावा तेलंगाना और आंध्रप्रदेश से भी लोग जुआ खेलने पहुंचे थे। सूचना पर पुलिस ने जंगल में घेराबंदी कर जुआ फड़ पर छापा मारा और मौके से 20 लाख 1 हजार 200 रुपए नकद, 47 चारपहिया वाहन और 12 मोबाइल जब्त किए हैं। इस कार्रवाई में सभी के खिलाफ जुआ एक्ट के तहत केस दर्ज किया गया है। यह मामला भद्राकाली थाना क्षेत्र का है। पहले देखिए तस्वीरें अब जानिए पूरा मामला पुलिस के मुताबिक, रायगुड़ा के जंगल में लंबे समय से मुर्गा लड़ाई के नाम पर जुआ खेलने की सूचना मिल रही थी। यहां बड़ी संख्या में लोग जुट रहे थे। जुआ खेलने के लिए तेलंगाना और आंध्रप्रदेश से भी लोग पहुंच रहे थे। इस कारण यहां बड़े स्तर पर जुआ फड़ संचालित होने की जानकारी सामने आई थी। मुखबिर की सूचना पर पुलिस ने मारा छापा मामले की जानकारी मिलने पर पुलिस टीम बनाई गई। मुखबिर से मिली सूचना के आधार पर पुलिस ने 3 नवंबर मंगलवार को प्लानिंग के तहत जंगल में चल रहे जुआ फड़ की घेराबंदी की और छापा मारा। पुलिस को देखते ही वहां मौजूद लोगों में अफरा-तफरी मच गई। हालांकि, पुलिस ने घेराबंदी कर 156 लोगों को पकड़ लिया। इनमें तेलंगाना और आंध्रप्रदेश से आए लोग भी शामिल बताए जा रहे हैं। 20 लाख से ज्यादा नकद, 47 गाड़ियां और 12 मोबाइल जब्त पुलिस ने मौके की तलाशी ली तो वहां से 20 लाख 1 हजार 200 रुपए नकद मिले। इसके अलावा जुआ खेलने पहुंचे लोगों के 47 चारपहिया वाहन और 12 मोबाइल फोन भी जब्त किए गए। 156 लोगों के खिलाफ मामला दर्ज पुलिस ने सभी 156 लोगों के खिलाफ भद्राकाली थाने में अपराध क्रमांक 06/2026 दर्ज किया है। इनके खिलाफ छत्तीसगढ़ जुआ प्रतिषेध अधिनियम की धारा 3(2) और सार्वजनिक द्यूत अधिनियम की धारा 4 व 13 के तहत कार्रवाई की गई है। ………………………. इससे जुड़ी ये खबर भी पढ़ें… दुर्ग में जुआ-सट्टा पर कार्रवाई,7 महीने में 477 आरोपी गिरफ्तार:20 मामलों में 1.65 करोड़ की संपत्ति जब्त, ऑनलाइन सट्टा गिरोहों पर तकनीकी जांच तेज दुर्ग पुलिस ने जिले में जुआ, सट्टा और ऑनलाइन सट्टे के खिलाफ साल 2026 में अब तक बड़ी कार्रवाई की है। जनवरी से अब तक 120 मामलों में 477 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। इस दौरान 39.29 लाख रुपए कैश, 522 मोबाइल, 32 लैपटॉप, 70 बाइक-कार समेत 1.65 करोड़ रुपए से ज्यादा की संपत्ति जब्त की गई है। पढ़ें पूरी खबर…
दीवाली से पहले बजी महिलाओं के मोबाइल में खुशी की घंटी, महतारी वंदन योजना की 33वीं किस्त जारी
छत्तीसगढ़ में महतारी वंदन योजना की 33वीं किस्त दीवाली से पहले जारी कर दी गई है। इससे 67 लाख से अधिक महिलाओं के खातों में 632 करोड़ रुपये से अधिक की राशि सीधे ट्रांसफर की गई, जिससे उनके आर्थिक सशक्तिकरण को बल मिला।
कैमूर-महिला के घर से 78GM हेरोइन, 1.25 लाख रुपए मिले:20 से 25 लाख बताई जा रही कीमत, तीन मोबाइल जब्त
कैमूर के भभुआ थाना क्षेत्र के सिकठी गांव में पुलिस ने छापेमारी कर एक महिला को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने उसके पास से 77.82 ग्राम हेरोइन, 1 लाख 25 हजार 670 रुपए नकद, तीन मोबाइल फोन और एयरटेल का एक सिम कार्ड बरामद किया है। बरामद हेरोइन की कीमत करीब 20 से 25 लाख रुपए बताई जा रही है। भभुआ डीएसपी ओम प्रकाश ने बताया कि शाम करीब 6:30 बजे थानाध्यक्ष को सिकठी गांव में एक महिला के हेरोइन बेचने की सूचना मिली थी। सूचना का सत्यापन करने के बाद वरिष्ठ अधिकारियों को जानकारी दी गई। उनके निर्देश पर भभुआ इंस्पेक्टर सह थानाध्यक्ष के नेतृत्व में पुलिस टीम गठित की गई। पुलिस को देखकर भागने लगे लोग पुलिस टीम सिकठी गांव में उर्मिला देवी के घर के पास पहुंची तो वहां मौजूद लोग भागने लगे। महिला पुलिसकर्मियों की मदद से आरोपी महिला को पकड़ लिया गया। इसके बाद महिला और उसके घर की तलाशी ली गई। तलाशी में हेरोइन, नकदी, मोबाइल फोन और सिम कार्ड बरामद किए गए। रामगढ़ से हेरोइन लाने का दावा डीएसपी के मुताबिक, शुरुआती पूछताछ में महिला ने हेरोइन रामगढ़ से खरीदकर लाने की बात कही है। पुलिस अब इस मामले से जुड़े नेटवर्क की जांच कर रही है। हेरोइन की आपूर्ति करने वाले और कारोबार में शामिल अन्य लोगों की पहचान की जा रही है। अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए जांच डीएसपी ने बताया कि धंधे में शामिल अन्य लोगों को भी गिरफ्तार किया जाएगा। गिरफ्तार महिला को जेल भेजने की प्रक्रिया की जा रही है। इस कार्रवाई में शामिल पुलिसकर्मियों को कैमूर के पुलिस अधीक्षक ने पुरस्कृत करने की घोषणा की है।
अजमेर में साइबर ठगी : मोबाइल पर अनजान लिंक खोलते ही खाते से पार हुए 1.95 लाख रुपए
सिविल लाइन थाने के ASI भीम सिंह ने बताया कि घूघरा निवासी जसराज गुर्जर पुत्र मांगीलाल गुर्जर के मोबाइल पर 31 अक्टूबर 2026 को एक अज्ञात लिंक आया था। जसराज ने जैसे ही लिंक ओपन किया, उनके बैंक खाते से 1,95,899 रुपए की राशि कट गई। खाते से रकम निकलने की जानकारी मिलने पर पीड़ित के होश उड़ गए।
हजारीबाग में दो ट्रांसपोर्टरों के ठिकानों पर एनआईए की छापेमारी, मोबाइल और प्रिंटर-स्कैनर ले गई टीम
हजारीबाग, 4 नवंबर . Jharkhand के हजारीबाग में राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) ने Wednesday सुबह दो ट्रांसपोर्टरों के ठिकानों पर छापेमारी की. करीब सात घंटे तक चली तलाशी…
भारत ने लॉन्च किए तीन स्वदेशी एआई मॉडल, मोबाइल पर बिना इंटरनेट भी करेंगे काम
भारत ने इंडिया एआई मिशन के तहत ईकेए-1, धीर 2बी और धीर 5बी नाम से तीन स्वदेशी एआई मॉडल लॉन्च किए हैं, जो मोबाइल पर बिना इंटरनेट भी कोडिंग, गणित और रिसर्च का काम चुटकियों में निपटाएंगे।
पंचकूला में डॉक्टर से अपॉइंटमेंट लेने के नाम पर साइबर ठगों ने आर्मी जवान को अपना शिकार बना लिया। ठगों ने मरीज को एक फर्जी एप डाउनलोड करवाकर उनका मोबाइल हैक किया और अलग-अलग बैंक खातों व क्रेडिट कार्ड से 1 लाख 23 हजार 981 रुपए उड़ा लिए। शिकायत मिलने के बाद साइबर क्राइम थाना सेक्टर-20 पंचकूला पुलिस ने अज्ञात ठगों के खिलाफ BNS की विभिन्न धाराओं के तहत केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। कालका स्थित न्यू मैप आर्मी कैंट के क्वार्टर में रहने वाले 49 वर्षीय धर्मवीर वर्धन ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि उनकी कुछ समय पहले बाईपास सर्जरी हुई थी और वे शुगर के भी मरीज हैं। किसी जानकार ने उन्हें ट्राईसिटी के नामी डॉक्टर से चेकअप करवाने की सलाह दी थी। अब जानिए कैसे हुई ठगी… 1930 पर दर्ज कराई थी शिकायत पीड़ित ने तुरंत साइबर हेल्पलाइन 1930 और पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराई। शिकायत के आधार पर पुलिस ने BNS 2023 की धारा 316(2), 318(4), 336(3), 338, 340(2) और 61(2) के तहत FIR संख्या 134 दर्ज की है।
सरकारी पेंशनभोगियों को अब जीवित प्रमाण पत्र जमा करने के लिए बैंक या कोषागार के चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे।
रेवाड़ी जिले के गांव भाड़ावास में साइबर ठगी का मामला सामने आया है। एक युवक के पिता का मोबाइल फोन अचानक काम करना बंद हो गया। कुछ देर बाद फोन दोबारा चालू हुआ तो इंडियन बैंक खाते से 95 हजार रुपए कटने का मैसेज आया। युवक हिमांशु के अनुसार, 30 सितंबर 2026 को दोपहर करीब 3 बजे वह अपने पिता बनवारी लाल का मोबाइल इस्तेमाल कर रहा था। इसी दौरान फोन की स्क्रीन ब्लैक हो गई और मोबाइल ने काम करना बंद कर दिया। कुछ देर बाद फोन अपने आप ठीक हो गया। इसके बाद खाते से रकम निकलने का मैसेज मिला। युवक ने साइबर हेल्पलाइन 1930 पर शिकायत दर्ज कराई। करीब एक महीने बाद साइबर क्राइम थाना रेवाड़ी पुलिस ने अज्ञात आरोपी के खिलाफ केस दर्ज किया है। मोबाइल की स्क्रीन हुई ब्लैक, फिर कटे रुपए गांव भाड़ावास निवासी 20 वर्षीय हिमांशु ने पुलिस को बताया कि 30 सितंबर को वह अपने पिता बनवारी लाल का मोबाइल इस्तेमाल कर रहा था। दोपहर करीब 3 बजे अचानक फोन की स्क्रीन ब्लैक हो गई और उसने काम करना बंद कर दिया। कुछ देर बाद मोबाइल अपने आप चालू हो गया। इसके बाद खाते से 95 हजार रुपए निकलने का मैसेज आया। जांच करने पर पता चला कि रकम उसके पिता के इंडियन बैंक खाते से निकाली गई है। 1930 पर दर्ज कराई शिकायत हिमांशु ने खाते से रकम निकलने की जानकारी मिलते ही साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर ऑनलाइन शिकायत दर्ज कराई। इसके बाद पुलिस ने उसे बैंक रिकॉर्ड के साथ थाने पहुंचने के लिए कहा। युवक ने थाने में लिखित शिकायत और जरूरी जानकारी दी। एक महीने बाद दर्ज हुई FIR घटना 30 सितंबर की है, जबकि साइबर क्राइम थाना रेवाड़ी में करीब एक महीने बाद FIR दर्ज की गई। पुलिस ने अज्ञात आरोपी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 318(4) के तहत मामला दर्ज किया है। पुलिस अब खाते से निकाली गई रकम के लेन-देन और साइबर ठगी से जुड़े पहलुओं की जांच कर रही है। शिकायतकर्ता ने रकम वापस दिलाने और आरोपी के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।
खन्ना में ED की रेड:मोगा की विधायक का ननिहाल, अफसरों ने पारिवारिक सदस्यों के मोबाइल कब्जे में लिए
पंजाब में केंद्रीय जांच एजेंसी प्रवर्तन निदेशालय (ED) की कार्रवाई से हलचल मच गई है। खन्ना के गांव लिबड़ा में बुधवार सुबह करीब 6 बजे ED की टीम ने रेड की। गांव लिबड़ा मोगा से आम आदमी पार्टी की विधायक डॉ. अमनदीप कौर अरोड़ा का ननिहाल गांव बताया जा रहा है। जानकारी के अनुसार जालंधर से पहुंची ED की टीम दो गाड़ियों में गांव लिबड़ा स्थित एक घर में पहुंची। सुबह-सुबह हुई इस कार्रवाई से इलाके में चर्चा का माहौल बन गया। टीम द्वारा घर में मौजूद परिवार के सदस्यों से पूछताछ की जा रही है। इसके साथ ही परिवार के बैंक खातों की जांच की जा रही है और वित्तीय लेन-देन से जुड़ी जानकारी खंगाली जा रही है। दस्तावेजों को खंगाल रही टीम सूत्रों के मुताबिक जांच टीम ने परिवार के मोबाइल फोन भी अपने कब्जे में लिए हैं। टीम घर में मौजूद दस्तावेजों और अन्य जानकारियों की भी जांच कर रही है। फिलहाल ED की इस कार्रवाई को लेकर आधिकारिक तौर पर रेड के कारणों और जांच के दायरे संबंधी कोई विस्तृत जानकारी सामने नहीं आई है।
ग्वालियर में दीपावली से पहले मंगलवार रात लूट की दो वारदातें हुईं। पहली घटना में हजीरा क्षेत्र की शर्मा फार्म रोड पर बाइक सवार तीन बदमाशों ने ट्रिपल आईटीएम के असिस्टेंट प्रोफेसर की पत्नी से चलती स्कूटी पर बैग छीन लिया। झपट्टे से स्कूटी अनियंत्रित होकर गिर गई, जिससे दंपति घायल हो गया। दूसरी वारदात गोला का मंदिर थाना क्षेत्र के सूर्य मंदिर रोड पर हुई। यहां करीब आधा दर्जन युवकों ने एक आरक्षक के भाई से मारपीट कर मोबाइल और 20 हजार रुपए लूट लिए। प्रोफेसर की पत्नी से लूट के मामले में पुलिस ने FIR दर्ज की है। पुलिस के मुताबिक CCTV कैमरों में बदमाश दिखाई दिए हैं। चलती स्कूटी पर महिला के कंधे से झपटा बैग ट्रिपल आईटीएम परिसर में रहने वाले सहायक प्राध्यापक डॉ. दीपक कुमार देवांगन मंगलवार रात करीब 11 बजे पत्नी प्रियंका साव को रेलवे स्टेशन से लेकर घर लौट रहे थे। दोनों स्कूटी पर सवार थे। हजीरा स्थित शर्मा फार्म रोड पर पीछे से एक बाइक पर आए तीन बदमाशों ने प्रियंका के कंधे से बैग छीनने के लिए झपट्टा मारा। झपट्टे के कारण स्कूटी अनियंत्रित होकर सड़क पर गिर गई। हादसे में प्रोफेसर और उनकी पत्नी घायल हो गए। बदमाश अंधेरे का फायदा उठाकर बैग लेकर फरार हो गए। दंपति ने पहले प्राथमिक इलाज कराया और फिर थाने पहुंचकर शिकायत दर्ज कराई। बैग में मोबाइल, नकदी और जरूरी दस्तावेज रखे थे लूटे गए बैग में वनप्लस मोबाइल, चार्जर, ईयरफोन और 1500 रुपए नकद थे। इसके अलावा पैन कार्ड, आधार कार्ड और पंजाब नेशनल बैंक का एटीएम कार्ड भी रखा था। चाचा को अस्पताल दिखाकर लौट रहे युवक से मारपीट दूसरी घटना गोला का मंदिर थाना क्षेत्र में सूर्य मंदिर रोड पर हुई। भिंड जिले के मेहगांव निवासी सौरव शुक्ला एक आरक्षक के भाई हैं। मंगलवार रात वे अपने चाचा को इलाज के लिए शिंदे की छावनी स्थित अस्पताल लेकर आए थे। रात में चाचा को लेकर विजय लक्ष्मी विहार स्थित अपने घर लौट रहे थे। रास्ते में सूर्य मंदिर रोड पर उन्होंने पेशाब करने के लिए गाड़ी रोकी। इसी दौरान करीब आधा दर्जन युवक वहां पहुंचे। आरोपियों ने पहले गाली-गलौज की और फिर उनके साथ मारपीट शुरू कर दी। सिर और शरीर पर चोटें, अस्पताल में कराया मेडिकल सौरव के मुताबिक, बदमाशों ने उनके साथ बेरहमी से मारपीट की। हमले में उनके सिर और शरीर के अन्य हिस्सों में चोटें आईं। बदमाश उनका मोबाइल और जेब में रखे करीब 20 हजार रुपए छीनकर भाग गए। घायल सौरव किसी तरह गोला का मंदिर थाने पहुंचे। पुलिसकर्मियों ने उनकी हालत देखकर उन्हें अस्पताल पहुंचाया, जहां मेडिकल परीक्षण कराया गया। चोट की गंभीरता को देखते हुए बुधवार सुबह उनका सिटी स्कैन भी कराया गया। CCTV फुटेज में दिखे बदमाश, गिरफ्तारी का दावा हजीरा थाना टीआई जितेंद्र सिंह और गोला का मंदिर थाना प्रभारी धर्मेंद्र यादव ने बताया, “ट्रिपल आईटीएम के प्रोफेसर और उनकी पत्नी से लूट हुई है। FIR दर्ज कर ली गई है। साथ ही गोला का मंदिर में एक लूट हुई है। CCTV कैमरे में बदमाश दिखाई दिए हैं, जल्द ही इन्हें गिरफ्तार कर लिया जाएगा।”
आगामी विधानसभा चुनाव के मद्देनजर सत्ताधारी भाजपा मैदान से लेकर मोबाइल तक कांग्रेस की घेराबंदी करने में जुट गई है।
जयपुर में ऑनलाइन गेमिंग की आड़ में चल रहा था करोड़ों का सट्टा नेटवर्क, 7 आरोपी गिरफ्तार; 19 मोबाइल और लैपटॉप जब्त
कोटा में घर में घुसकर युवक को थप्पड़ मारते दिखे ASI, मोबाइल से वीडियो बनाने पर भड़के पुलिसकर्मी
कोटा में घर में घुसकर युवक को थप्पड़ मारते दिखे ASI, मोबाइल से वीडियो बनाने पर भड़के पुलिसकर्मी
भिंड में बाल कल्याण समिति (सीडब्ल्यूसी) की सदस्य का मोबाइल चोरी होने का मामला सामने आया है। कबाड़ खरीदने आया व्यक्ति ठेले पर रखा मोबाइल लेकर अपने घर पहुंच गया। वहां उसने पुरानी सिम निकालकर तोड़ दी और दूसरी सिम डाल ली। नई सिम एक्टिव होते ही साइबर टीम ने मोबाइल की लोकेशन ट्रेस कर ली। पुलिस ने परिजनों की मदद से करीब छह घंटे में मोबाइल बरामद कर लिया। कबाड़ खरीदने आया था, ठेले पर रखा मोबाइल ले गया जानकारी के अनुसार, वीरेंद्र नगर निवासी सीडब्ल्यूसी सदस्य मुदिता शर्मा ने मंगलवार दोपहर घर का कबाड़ एक कबाड़ी को बेचा था। इसी दौरान उन्होंने अपना मोबाइल कबाड़ी के ठेले पर रख दिया। काम में व्यस्त होने के कारण वह मोबाइल उठाना भूल गईं। करीब दो घंटे बाद मोबाइल की याद आई तो वह गायब मिला। तब तक कबाड़ी भी वहां से जा चुका था। परिजनों ने इसकी सूचना देहात थाना प्रभारी शिवप्रताप सिंह राजावत को दी। दूसरी सिम डालते ही मिली लोकेशन पुलिस ने मोबाइल को ट्रैकिंग पर लगवाया। कबाड़ी मोबाइल लेकर चतुर्वेदी नगर स्थित अपने घर पहुंच गया था। वहां उसने पुरानी सिम निकालकर तोड़ दी और दूसरी सिम डाल ली। रात करीब 8 बजे नई सिम एक्टिव होते ही साइबर टीम को मोबाइल की लोकेशन मिल गई। इसके बाद पुलिस और परिजन कबाड़ी के घर पहुंचे। मोबाइल लौटाकर मांगी माफी पूछताछ के दौरान कबाड़ी ने मोबाइल वापस कर दिया और अपनी गलती स्वीकार करते हुए माफी मांगी। पुलिस ने करीब छह घंटे के भीतर मोबाइल बरामद कर लिया। हालांकि, मामले में कोई लिखित शिकायत नहीं की गई।
सास ने पूछा- दिनभर मोबाइल में क्या देखती हो? बहू का जवाब सुनकर छूट जाएगी हंसी, पढ़ें 25 चुटकुले
दिन भर की थकान के बाद ठहाके लगाकर हंसने का मन कर रहा है, तो हम आपके लिए 25 मजेदार चुटकुले लेकर आए हैं। इन्हें पढ़ते ही आपके चेहरे पर मुस्कान आ जाएगी।
नमस्कार, कानपुर की कल (मंगलवार) की 10 बड़ी खबरें…गोविंद नगर थाना क्षेत्र में चोरों ने मोबाइल शॉप का ताला तोड़कर 70 स्मार्टफोन चोरी कर लिए। इधर, जाजमऊ में एक युवती ने युवक पर शादी का झांसा देकर संबंध बनाने का आरोप लगाया है। वहीं, घाटमपुर में छत पर खेल रहे 3 बच्चे अचानक से छत से गिर गए। उनकी हालत गंभीर है। ऐसी ही 10 बड़ी खबरों को देखने के लिए ऊपर VIDEO पर क्लिक करें…। अब पढ़िए सिलेसिलेवार खबरें… 1. नजीराबाद में लीकेज पाइपलाइन की मरम्मत शुरू: जलनिगम-नगर निगम की लापरवाही, 5 हजार घरों में पानी की सप्लाई बंद नजीराबाद के अशोक नगर में पेयजल की मुख्य पाइपलाइन फटने से करीब 5 हजार घरों में पानी की सप्लाई ठप हो गई। लीकेज के बाद जल निगम ने मरम्मत शुरू कराई। इस दौरान सड़क पर पानी भरने और काम के चलते जाम लगा रहा। पढ़िए पूरी खबर… 2. मास्क पहनकर आए चोर, 70 मोबाइल चुरा ले गए: कानपुर में मोबाइल शॉप का ताला तोड़ा, 15 लाख की चोरी गोविंद नगर में चोरों ने मोबाइल शॉप का ताला तोड़कर 70 स्मार्टफोन और गोलक में रखे 50 हजार रुपए पार कर दिए। चोरी हुए माल की कीमत करीब 15 लाख रुपए है। सुबह दुकानदार पहुंचा तो उसे घटना का पता चला। CCTV फुटेज में टोपी और मास्क पहने दो युवक वारदात करते नजर आए। पढ़िए पूरी खबर…. 3. कानपुर से बिहार-झारखंड तक असलहों की सप्लाई: 5 महीने में बेची 153 बंदूकें, सेफ कस्टडी के नाम पर बड़ा खेल कानपुर में असलहा विक्रेता सेफ कस्टडी के नाम पर बंदूक और कारतूस की अवैध बिक्री कर रहे हैं। पुलिस जांच में सामने आया कि हैरिस गन हाउस ने पांच महीने में 153 नई-पुरानी बंदूकें और 20,357 कारतूस खरीदे। इनमें से कुछ असलहे जौनपुर में पकड़े गए गैंग तक पहुंचे थे। अब पुलिस खरीद-बिक्री का हिसाब खंगाल रही है। पढ़िए पूरी खबर… 4. कानपुर में चचेरे भाई की मौत के मामले में आरोपी गिरफ्तार, मामूली विवाद के बाद हुई थी कहासुनी, पोस्टमार्टम में हार्ट अटैक से मौत की पुष्टि कानपुर में मामूली कहासुनी के बाद चचेरे भाइयों के बीच विवाद हो गया। आरोप है कि मारपीट के दौरान राकेश कुमार प्रजापति को हार्ट अटैक आ गया, जिससे उनकी मौत हो गई। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में शरीर पर चोट के निशान नहीं मिले। पुलिस ने गैर इरादतन हत्या का केस दर्ज कर आरोपी रवि कुमार को गिरफ्तार कर लिया है। पढ़िए पूरी खबर… 5. जाजमऊ में शादी का झांसा देकर रिलेशन बनाया: फेसबुक पर दोस्ती के बाद 3 साल तक संबंध, अरेस्ट जाजमऊ में फेसबुक पर हुई दोस्ती के बाद युवती ने युवक पर शादी का झांसा देकर शोषण करने का आरोप लगाया है। दोनों के बीच करीब तीन साल तक रिश्ता रहा। युवती की उम्र पता चलने के बाद युवक ने दूरी बना ली। शिकायत पर जाजमऊ पुलिस ने दुष्कर्म का मुकदमा दर्ज कर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। पढ़िए पूरी खबर… 6. घाटमपुर में छत से 3 बच्चे नीचे गिरे: हालत गंभीर, खेलते समय हुआ हादसा; कानपुर जिला अस्पताल रेफर सजेती थाना क्षेत्र में छत पर खेल रहे तीन मासूम बच्चे अचानक नीचे गिरकर घायल हो गए। हादसे में चार साल के युवान, तीन साल के प्रिंस और दो साल की रूही को चोटें आई हैं। परिजन तीनों को घाटमपुर सीएचसी लेकर पहुंचे, जहां प्राथमिक इलाज के बाद डॉक्टरों ने उन्हें कानपुर जिला अस्पताल रेफर कर दिया। पढ़िए पूरी खबर… 7. सजेती में किसान ने सुसाइड किया: 8 साल से बीमार थे, बेटा बोला- दवा खाते-खाते परेशान हो गए थे सजेती में बीमारी से परेशान एक किसान ने मंगलवार सुबह फंदा लगाकर जान दे दी। उसका शव घर के सामने स्थित आम के बाग में पेड़ से लटका मिला। किसान करीब 8 साल से बीमारी से परेशान था। घटना की सूचना पर पुलिस और फॉरेंसिक टीम मौके पर पहुंची। पढ़िए पूरी खबर…. 8. दीपावली तक मिठाई और रेस्टोरेंट की जांच रोकने की मांग: व्यापार संगठन अध्यक्ष बोले- निलंबित लाइसेंस बहाल हों कानपुर में व्यापारियों ने दीपावली तक मिठाई की दुकानों, रेस्टोरेंट और दूसरे खाद्य प्रतिष्ठानों में जांच और सैंपलिंग रोकने की मांग की है। इस संबंध में भारतीय उद्योग व्यापार प्रतिनिधिमंडल ने खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन (FSDA) के मंडलीय सहायक आयुक्त को ज्ञापन सौंपा। पढ़िए पूरी खबर… 9. लोडर की टक्कर से गुमटी क्रॉसिंग का फाटक टूटा:कानपुर में जीटी रोड पर लगा 3 किमी लंबा जाम, एंबुलेंस भी फंसी कानपुर में मंगलवार शाम गुमटी क्रॉसिंग पर रेलवे फाटक बंद होने के दौरान एक लोडर उससे टकरा गया। इसके बाद GT रोड पर यातायात व्यवस्था बिगड़ गई और वाहनों की लंबी कतारें लग गईं। पढ़ें पूरी खबर… 10. डेंगू के 7 और मलेरिया का एक नया मरीज मिला:कानपुर में स्वास्थ्य विभाग ने चलाया अभियान, डेंगू के 334 केस नवंबर की शुरुआत हो गई है और मौसम में ठंडक भी बढ़ने लगी है, लेकिन कानपुर में मच्छरों का प्रकोप कम नहीं हो रहा। स्वास्थ्य विभाग की मंगलवार को जारी रिपोर्ट में डेंगू के 7 और मलेरिया का एक नया मरीज मिला है। पढ़ें पूरी खबर….
मुजफ्फरपुर के कांटी थाना क्षेत्र के सदातपुर में पुलिस ने जुए के अड्डे पर छापा मारकर 8 लोगों को गिरफ्तार किया। पुलिस ने मौके से 1 लाख 46 हजार रुपए नगद, करीब एक दर्जन मोबाइल फोन और जुआ खेलने का सामान जब्त किया। एसएसपी कांतेश कुमार मिश्रा को मिली सूचना के आधार पर विशेष पुलिस टीम ने यह कार्रवाई की। टीम ने सदातपुर के ठिकाने को घेरकर छापा मारा। एसएसपी कांतेश कुमार मिश्रा ने कार्रवाई की पुष्टि की। उन्होंने कहा कि अभियान आगे भी जारी रहेगा। कार्रवाई के लिए बनी थी टीमएसएसपी कांतेश कुमार मिश्रा ने विशेष पुलिस टीम का गठन किया। पुलिस बल ने सदातपुर स्थित उस संदिग्ध ठिकाने को चारों तरफ से घेर लिया जहां जुए का यह अवैध खेल लंबे समय से चल रहा था। पुलिस की इस अचानक हुई कार्रवाई से आरोपियों को संभलने का मौका तक नहीं मिला और वे मौके पर ही धरे गए।
स्क्रीन ब्लैक कर 6 बार किए ट्रांजेक्शन:2 घंटे मोबाइल हैक कर जनपद सीईओ के खाते से 98 हजार उड़ाए
जनपद पंचायत भितरवार के सीईओ एलएन पिप्पल का मोबाइल करीब दो घंटे तक हैक कर सायबर ठगों ने उनके बैंक खाते से 98 हजार रुपए उड़ा दिए। इस दौरान उनके मोबाइल की स्क्रीन काली हो गई और कोई भी एक्टीविटीज नहीं हो रही थी। सीईओ एलएन पिप्पल के अनुसार उनका मोबाइल अचानक हैक हो गया था। जब फोन सामान्य हुआ तब तक 3 बार सफल यूपीआई के जरिए खाते से 98 हजार रुपए अन्य खातों में ट्रांसफर किए जा चुके थे। इस दौरान तीन ट्रांजेक्शन फेल भी हुए थे। सीईओ पिप्पल तुरंत भितरवार थाने में लिखित आवेदन दिया और साइबर हेल्पलाइन पर भी शिकायत दर्ज कराई। भितरवार थाना प्रभारी दीपेंद्र कुशवाह का कहना है कि पता लाने का प्रयास कर रहे हैं कि राशि किन लोगों के खातों में गई है। भास्कर एक्सपर्ट - डीके दीक्षित, सेवानिवृत्त डीएसपी फोन हैक या ब्लैक स्क्रीन हो सेफमोड में रिबूट करें मोबाइल अचानक हैक हो जाए और स्क्रीन काली हो जाए, तो सबसे पहले फोन का वाई-फाई और मोबाइल डेटा बंद कर दें या फोन को एरोप्लेन मोड पर डालकर तुरंत स्विच ऑफ कर दें। फोन बंद करने के बाद तुरंत सिम कार्ड बाहर निकाल लें, ताकि ठग ओटीपी या कॉल का दुरुपयोग न कर सकें। फोन को सेफमोड’ में रिबूट करें, जिससे संदिग्ध ऐप्स बंद हो जाएं। सेटिंग्स में जाकर किसी भी अनजान या संदिग्ध ऐप को तुरंत अनइंस्टॉल कर दें। समस्या हल न होने पर फोन का फैक्ट्री डेटा रिसेट कर दें।
फर्जी सॉफ्टवेयर अपडेट के नाम पर मोबाइल हैक, रेलवे कर्मचारी के खाते से उड़ाए 69 हजार रुपये
Hathras News: हर मोबाइल तक पहुंचा अमेरिकी सर्वर पर बना साइबर फ्रॉड लिंक
साइबर अपराधियों ने ठगी का एक नया तरीका अपनाया है। व्हाट्सएप के जरिये लोगों को दो हजार रुपये मिलने का लालच देकर एक संदिग्ध लिंक भेजा जा रहा है।
Faridabad News: एक ही मोबाइल नंबर से कई बार हुई एंबुलेंस की रेफरल बुकिंग
Ambulance referral bookings made multiple times from the same mobile number
Faridabad News: मारपीट कर मोबाइल छीना, दो गिरफ्तार
Mobile snatched after assault; two arrested
Faridabad News: अब मोबाइल बताएगा, कितना शुद्ध है वाटर कूलर का पानी
Now your mobile will tell you how pure the water from the water cooler is.
Kanpur News: मोबाइल पर चेहरा दिखाते ही बनेगा पेंशन का जीवन प्रमाण पत्र
सरकारी पेंशनभोगियों को अब जीवित प्रमाण पत्र जमा करने के लिए बैंक या कोषागार के चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे।
Lucknow News: बात करने के बहाने कैब चालक का मोबाइल ले गया
बात करने के बहाने कैब चालक का मोबाइल ले गया
Lucknow News: बाइक सवार बदमाशों ने लॉ छात्र का मोबाइल लूटा
बाइक सवार बदमाशों ने लॉ छात्र का मोबाइल लूटा
कोरबा: स्कूल में मोबाइल लाने पर प्राचार्य की फटकार से आहत 11वीं की छात्रा ने पिया कीटनाशक
कोरबा के अजगरबहार में स्कूल में मोबाइल लाने पर प्राचार्य की फटकार से नाराज 11वीं की छात्रा ने कीटनाशक पी लिया, जिसे गंभीर हालत में जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया।
बरेली में भाजपा की ‘लोकतंत्र बचाओ, अराजकता हटाओ’ पदयात्रा के दौरान जेबकतरों ने चार लोगों को निशाना बनाया। उनकी जेब से करीब 41 हजार रुपये, एक मोबाइल फोन, एटीएम कार्ड और जरूरी दस्तावेज चोरी हो गए। कार्यक्रम में भारी पुलिस बल तैनात था। प्रेमनगर के राजेंद्र नगर निवासी अमनदीप सिंह की जेब से 9,500 रुपये, मोटोरोला मोबाइल और जरूरी कागजात चोरी हुए। किला क्षेत्र के साहूकारा निवासी अमरजीत सिंह के 8,500 रुपये और दस्तावेज गायब हो गए। रामपुर गार्डन निवासी राजीव भुवना की जेब से 5,000 रुपये, एटीएम कार्ड और जरूरी कागजात निकाले गए। शाहजहांपुर के लोधीपुर निवासी दिनेश कुमार के 18 हजार रुपये, पैन कार्ड, आधार कार्ड और ड्राइविंग लाइसेंस चोरी हो गए। चारों पीड़ितों ने अलग-अलग पुलिस चौकियों और थानों में शिकायत दी है। उन्होंने कार्रवाई करने और सामान वापस दिलाने की मांग की है। पदयात्रा में चार लोगों की जेब कटने के बाद भीड़ में निगरानी और सुरक्षा व्यवस्था को लेकर सवाल उठे हैं।
प्रवर्तन निदेशालय (ED) की टीम ने पंचकूला के सेक्टर-17 स्थित अल्फा अपार्टमेंट में रिटायर्ड DSP के बेटों के ठिकानों पर ताबड़तोड़ छापेमारी की। 2 फ्लैट में कई घंटों तक चली गहन जांच और तलाशी के बाद ED की टीम मौके से चली गई। सूत्रों के मुताबिक, जांच के दौरान अधिकारियों ने कई महत्वपूर्ण दस्तावेज़, लैपटॉप, मोबाइल फोन और नकदी ज़ब्त कर ली है। हालांकि, टीम परिवार के किसी भी सदस्य को अपने साथ हिरासत में नहीं ले गई। शराब कारोबार से जुड़े हैं तार प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, रिटायर्ड DSP के बेटे शराब कारोबार से जुड़े हुए हैं। उक्त डीएसपी चंडीगढ़ पुलिस से रिटायर हुए हैं। इसी सिलसिले में वित्तीय अनियमितताओं और संदिग्ध लेनदेन की जांच के तहत ED की टीम ने उनके आवास पर यह कार्रवाई की। छापेमारी की इस पूरी कार्रवाई के बाद ED अधिकारियों ने शाम करीब 6 बजे परिसर छोड़ दिया है। हालांकि, इस रेड और ज़ब्त की गई सामग्री को लेकर ED की ओर से अभी तक कोई आधिकारिक बयान या खुलासा नहीं जारी किया गया है।
जयपुर डेयरी ने शुरू की सरस मोबाइल लैब, डेनमार्क मशीन से होगी दूध की जांच
एफ.टी.आई.आर. तकनीक से लैस यह प्रयोगशाला मौके पर ही दूध के 24 मानकों की जांच कर किसानों को सही भुगतान और उपभोक्ताओं को शुद्धता सुनिश्चित करेगी।
मौत का लाइव वीडियो, मोबाइल पर बात करते-करते अचानक गिरा एथलीट, हार्ट अटैक से गई जान
मौत का लाइव वीडियो, मोबाइल पर बात करते-करते अचानक गिरा एथलीट, हार्ट अटैक से गई जान
मिलावटखोरों पर 'सरस' का डिजिटल प्रहार, मोबाइल लैब से 24 मानकों पर जांची जा रही दूध की शुद्धता
जयपुर जिला दुग्ध उत्पादक सहकारी संघ लिमिटेड (जयपुर डेयरी) ने दुग्ध गुणवत्ता को अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप सुनिश्चित करने के लिए एक बेहद अभिनव और आधुनिक पहल की...
हरदोई मेडिकल कॉलेज की OT में बिजली गुल, मोबाइल टॉर्च की रोशनी में घायल का इलाज करते दिखे डॉक्टर
3 नवंबर, मंगलवार: उत्तर प्रदेश के हरदोई मेडिकल कॉलेज की इमरजेंसी OT में रविवार दोपहर बिजली गुल होने का मामला सामने आया। वायरल वीडियो में डॉक्टर मोबाइल की टॉर्च की रोशनी में घायल मरीज को टांके लगाते दिख रहे हैं। डॉक्टरों ने वायरिंग खराब होने की बात कही है।
सुल्तानपुर में पुलिस ने स्मैक बेचने के आरोप में पांच तस्करों को मंगलवार शाम 4 बजे गिरफ्तार किया। पुलिस के मुताबिक, उनके पास से 864 ग्राम 41 मिलीग्राम स्मैक, नकदी और पांच मोबाइल मिले। पुलिस ने मोतिगरपुर थाना क्षेत्र में कैथवारा मोड़ के पास कार्रवाई की। जयसिंहपुर के सीओ ने बताया कि पूछताछ में आरोपियों ने कहा कि वे दूसरे व्यक्ति के मोबाइल से स्मैक मंगवाते थे। ग्राहकों को बेचने के बाद चैट और मैसेज डिलीट कर देते थे। आरोपी स्मैक रखने का वैध लाइसेंस नहीं दिखा सके। पुलिस के मुताबिक, जयसिंहपुर प्रभारी विवेक कुमार राय को सूचना मिली थी कि हाल ही में जेल से छूटे कुछ लोग स्मैक और दूसरे नशीले पदार्थ बेच रहे हैं। वे मोतिगरपुर-जयसिंहपुर सीमा पर कैथवारा मोड़ के पास किसी वाहन का इंतजार कर रहे थे। सूचना मिलने पर विवेक कुमार राय ने मोतिगरपुर प्रभारी निरीक्षक अनिरुद्ध कुमार सिंह की टीम के साथ घेराबंदी की और पांचों को पकड़ लिया। एक एंड्रॉइड मोबाइल और 540 रुपए मिले कार्रवाई के समय जयसिंहपुर के क्षेत्राधिकारी भी मौके पर मौजूद थे। पुलिस के अनुसार, दिनेश मिश्रा पुत्र राममिलन मिश्रा, निवासी दियरा बाजार, थाना मोतिगरपुर के पास से 100 ग्राम 15 मिलीग्राम स्मैक, एक एंड्रॉइड मोबाइल और 540 रुपए मिले। अंकित मिश्रा पुत्र सुभाष मिश्रा, निवासी चौपरिया, थाना लंभुआ के पास से 152 ग्राम 22 मिलीग्राम स्मैक, एक एंड्रॉइड मोबाइल और 470 रुपए मिले। चित्रांश सिंह पुत्र रोहित कुमार सिंह, निवासी मलवा, थाना मोतिगरपुर के पास से 100 ग्राम 23 मिलीग्राम स्मैक, एक एंड्रॉइड मोबाइल और 510 रुपए मिले। अभिषेक गोस्वामी पुत्र राजेंद्र गोस्वामी, निवासी मलिकपुर बख्रा, थाना मोतिगरपुर के पास से 254 ग्राम 68 मिलीग्राम स्मैक, एक एंड्रॉइड मोबाइल और 660 रुपए मिले। आदित्य सिंह पुत्र कर्मराज सिंह, निवासी धरसौली, थाना जयसिंहपुर के पास से 257 ग्राम 13 मिलीग्राम स्मैक, एक Apple iPhone 14 और 1,030 रुपए मिले। बता दें कि इस अभियान में लगी पुलिस टीम में मोतिगरपुर के प्रभारी निरीक्षक अनिरुद्ध कुमार सिंह और हेड कांस्टेबल देवव्रत सिंह, कांस्टेबल रविशंकर पाठक शामिल थे। जयसिंहपुर टीम में थानाध्यक्ष विवेक कुमार राय, सब-इंस्पेक्टर गुलाबचन्द पाल, हेड कांस्टेबल राहुल शर्मा, कांस्टेबल अभिनीष चन्द, धनंजय, अभिषेक सिंह और हरेन्द्र सिंह शामिल थे।
मुजफ्फरपुर के ब्रह्मपुरा थाना क्षेत्र में 1 नवंबर को महिला से सोने की चेन बदमाशों ने झपट लिया था। पुलिस ने मंगलवार को तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया। बदमाशों ने चेन को पिघलाकर उसे दूसरा आकार दे दिया था, जिसे पुलिस ने जब्त कर लिया है। इसके अलावा 4 मोबाइल भी जब्त किए हैं। शिकायतकर्ता सुशील कुमार ने ब्रह्मपुरा थाने में मामला दर्ज कराया था। जिसके बाद पुलिस ने सीसीटीवी की जांच की। मामले की जानकारी पुलिस ने विज्ञप्ति जारी कर दी है। इनकी हुई गिरफ्तारी आरोपियों की पहचान आयुष कुमार सोनी उर्फ बंटी, अंशु राज और मोहित कुमार उर्फ रावण के रूप में हुई है। आयुष कुमार सोनी उर्फ बंटी नगर थाना क्षेत्र का निवासी है। अंशु राज और मोहित कुमार उर्फ रावण अहियापुर थाना क्षेत्र के निवासी हैं। आपराधिक इतिहास खंगाला जा रहा पुलिस अधिकारियों का कहना है कि गिरफ्तार किए गए तीनों अभियुक्तों का विस्तृत आपराधिक इतिहास खंगाला जा रहा है, ताकि यह पता लगाया जा सके कि उन्होंने पहले भी किन-किन इलाकों में इस तरह की घटनाओं को अंजाम दिया है। इस गिरोह के अन्य सहयोगियों या इसमें संलिप्त अन्य संदिग्धों की संलिप्तता की भी जांच की जा रही है।
यमुनानगर में ट्रेन की चपेट में आया युवक, मौत:बॉडी से कटकर अलग हुआ सिर, टूटा मोबाइल मिला; पहचान नहीं
यमुनानगर में आज मंगलवार दोपहर ट्रेन हादसे में एक युवक की मौत हो गई। युवक जनसेवा एक्सप्रेस ट्रेन की चपेट में आ गया। हादसा इतना भीषण था कि उसका सिर धड़ से अलग हो गया। घटना की सूचना मिलते ही जीआरपी और आरपीएफ की टीमें मौके पर पहुंच गईं। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पहचान के लिए सिविल अस्पताल मॉर्च्युरी में रखवाया। जीआरपी के जांच अधिकारी कुलदीप सिंह ने बताया कि उन्हें स्टेशन मास्टर के माध्यम से सूचना मिली थी कि रेलवे स्टेशन पर प्लेटफार्म नंबर-2 के पास एक युवक जनसेवा एक्सप्रेस ट्रेन की चपेट में आ गया है। सूचना मिलने पर वह टीम के साथ मौके पर पहुंचे। वहां आरपीएफ की टीम भी मौजूद थी। जांच के दौरान युवक का शव रेलवे ट्रैक के पास सहारनपुर की तरफ पड़ा मिला। मृतक के पास से कोई दस्तावेज नहीं मिला पुलिस ने युवक की तलाशी ली, लेकिन उसके कपड़ों से ऐसा कोई दस्तावेज या पहचान पत्र नहीं मिला, जिससे उसकी पहचान हो सके। घटनास्थल के पास एक टूटा हुआ मोबाइल फोन भी बरामद हुआ है। फिलहाल पुलिस आसपास के क्षेत्र में युवक की पहचान करने का प्रयास कर रही है। ट्रैक पार करते समय हादसे की आशंका जीआरपी के अनुसार अभी यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि युवक रेलवे ट्रैक पार करते समय ट्रेन की चपेट में आया या फिर चलती ट्रेन से गिरकर हादसे का शिकार हुआ। पुलिस दोनों पहलुओं को ध्यान में रखकर जांच कर रही है। युवक की पहचान होने के बाद ही हादसे से जुड़े अन्य तथ्यों का पता चल सकेगा।
iPhone Warranty Check: आपके आईफोन की वारंटी कब खत्म होगी? मोबाइल से ऐसे चेक करें पूरी डिटेल
iPhone Warranty Check Online: अगर आप Apple iPhone इस्तेमाल करते हैं, तो आपको यह जरूर पता होना चाहिए कि आपके फोन की वारंटी कब समाप्त हो रही है। कई बार फोन में तकनीकी खराबी आने के बाद लोगों को पता चलता है कि उसकी वारंटी खत्म हो चुकी है। Apple अपने यूजर्स को iPhone की वारंटी और AppleCare कवरेज जांचने के कई आसान तरीके देता है। आप फोन की Settings, Apple की आधिकारिक वेबसाइट या अपने Apple Account से वारंटी की जानकारी देख सकते हैं। इसके लिए सर्विस सेंटर जाने की जरूरत नहीं है। आज के समय में iPhone खरीदने पर काफी पैसा खर्च करना पड़ता है। ऐसे में फोन की सुरक्षा और मरम्मत से संबंधित सुविधाओं की जानकारी रखना जरूरी है। अगर आपके iPhone की स्क्रीन, कैमरा, बैटरी या किसी दूसरे हार्डवेयर में परेशानी आ रही है, तो मरम्मत कराने से पहले वारंटी की स्थिति जांचना उपयोगी हो सकता है। इसके अलावा, अगर आप पुराना iPhone खरीदने की योजना बना रहे हैं, तब भी वारंटी की जानकारी जरूर देखनी चाहिए। iPhone की वारंटी कितने समय तक मिलती है? Apple आमतौर पर नए iPhone के साथ एक साल की Limited Warranty उपलब्ध कराता है। इस वारंटी के तहत कंपनी की निर्धारित शर्तों के अनुसार मैन्युफैक्चरिंग डिफेक्ट और पात्र हार्डवेयर समस्याओं के लिए कवरेज मिल सकता है। हालांकि, फोन गिरने से स्क्रीन टूटना या दुर्घटनावश पानी से नुकसान होना जैसी समस्याएं सामान्य लिमिटेड वारंटी में शामिल नहीं होतीं। AppleCare+ जैसे अतिरिक्त प्लान में कुछ प्रकार के आकस्मिक नुकसान के लिए भी सुरक्षा मिल सकती है। इसलिए केवल वारंटी एक्टिव होने का मतलब यह नहीं है कि हर तरह की मरम्मत मुफ्त होगी। iPhone की Settings से वारंटी कैसे चेक करें? अगर आपका iPhone आपके पास है, तो उसकी Settings से वारंटी की जानकारी देखना सबसे आसान तरीकों में शामिल है। इसके लिए नीचे दिए गए स्टेप्स अपनाएं। स्टेप 1: सबसे पहले अपने iPhone में Settings ऐप खोलें। स्टेप 2: अब General विकल्प पर टैप करें। स्टेप 3: इसके बाद AppleCare & Warranty सेक्शन खोलें। स्टेप 4: स्क्रीन पर दिखाई देने वाले डिवाइस की सूची में अपना iPhone चुनें। स्टेप 5: अब उपलब्ध वारंटी और कवरेज की जानकारी देखें। यहां आपके डिवाइस के साथ जुड़ी Apple Limited Warranty या सक्रिय AppleCare प्लान की जानकारी दिखाई दे सकती है। इसके अलावा, वारंटी समाप्त होने की तारीख भी देखी जा सकती है। ध्यान रखें कि स्क्रीन पर उपलब्ध जानकारी आपके डिवाइस और कवरेज की स्थिति के अनुसार अलग हो सकती है। Apple की वेबसाइट से iPhone Warranty कैसे चेक करें? अगर आपके पास iPhone नहीं है या आप किसी सेकंड हैंड डिवाइस की वारंटी जांचना चाहते हैं, तो Apple की ऑनलाइन सुविधा इस्तेमाल कर सकते हैं। इसके लिए फोन का Serial Number होना जरूरी है। स्टेप 1: अपने मोबाइल या कंप्यूटर में इंटरनेट ब्राउजर खोलें। स्टेप 2: Apple की आधिकारिक Check Coverage वेबसाइट पर जाएं। स्टेप 3: अब संबंधित iPhone का Serial Number दर्ज करें। स्टेप 4: यदि वेबसाइट वेरिफिकेशन मांगे, तो उसे पूरा करें। स्टेप 5: इसके बाद Submit या उपलब्ध संबंधित विकल्प पर क्लिक करें। अब वेबसाइट पर उस डिवाइस से संबंधित वारंटी और सर्विस कवरेज की जानकारी दिखाई दे सकती है। यह तरीका उन लोगों के लिए भी उपयोगी है जो पुराना iPhone खरीदने से पहले उसकी वारंटी की पुष्टि करना चाहते हैं। iPhone का Serial Number कहां मिलेगा? Apple की वेबसाइट पर वारंटी चेक करने के लिए IMEI के बजाय Serial Number की जरूरत होती है। अगर आपको अपने फोन का सीरियल नंबर नहीं पता है, तो इसे आसानी से खोज सकते हैं। इसके लिए iPhone में Settings खोलें। अब General सेक्शन में जाएं और About विकल्प पर टैप करें। यहां Serial Number दिखाई देगा। आप इस नंबर को कुछ देर दबाकर कॉपी भी कर सकते हैं। अगर फोन उपलब्ध नहीं है, तो मूल पैकेजिंग पर भी सीरियल नंबर मिल सकता है। वहीं, कुछ परिस्थितियों में iPhone की शुरुआती सेटअप स्क्रीन पर मौजूद जानकारी वाले आइकन से भी डिवाइस विवरण देखा जा सकता है। सुरक्षा के लिए सीरियल नंबर को सार्वजनिक प्लेटफॉर्म या अनजान लोगों के साथ साझा करने से बचें। Apple Account से भी चेक कर सकते हैं वारंटी Apple अपने यूजर्स को Apple Account के जरिए डिवाइस और सपोर्ट कवरेज से संबंधित जानकारी देखने की सुविधा भी देता है। इसके लिए Apple के My Support पोर्टल का इस्तेमाल किया जा सकता है। सबसे पहले वेबसाइट खोलें और अपने Apple Account से साइन इन करें। इसके बाद उपलब्ध डिवाइस की सूची में अपना iPhone चुनें। अब संबंधित डिवाइस की सर्विस और सपोर्ट कवरेज की जानकारी देखें। कुछ मामलों में View Proof of Coverage का विकल्प भी उपलब्ध हो सकता है। इसके जरिए कवरेज से संबंधित दस्तावेज प्राप्त किया जा सकता है। Apple इस प्रक्रिया में अतिरिक्त पहचान सत्यापन भी मांग सकता है। Apple Limited Warranty और AppleCare+ में क्या अंतर है? कई iPhone यूजर्स सामान्य वारंटी और AppleCare+ को एक जैसा समझ लेते हैं, लेकिन दोनों में अंतर होता है। कवरेज क्या सुविधा मिलती है? Apple Limited Warranty निर्धारित शर्तों के अनुसार एक साल तक मैन्युफैक्चरिंग डिफेक्ट और पात्र हार्डवेयर समस्याओं का कवरेज AppleCare+ अतिरिक्त हार्डवेयर सुरक्षा और पात्र आकस्मिक नुकसान के लिए कवरेज, लागू सेवा शुल्क के साथ AppleCare+ with Theft and Loss पात्र प्लान में चोरी या फोन खोने से संबंधित अतिरिक्त सुरक्षा, शर्तों और शुल्क के अधीन AppleCare+ में उपलब्ध सुविधाएं देश, डिवाइस और खरीदे गए प्लान के अनुसार अलग हो सकती हैं। इसलिए किसी भी प्लान को खरीदने से पहले उसकी शर्तें जांचना जरूरी है। क्या AppleCare+ में टूटी स्क्रीन और बैटरी कवर होती है? AppleCare+ के अंतर्गत कुछ प्रकार के आकस्मिक नुकसान के लिए कवरेज उपलब्ध हो सकता है। उदाहरण के लिए, फोन गिरने से स्क्रीन टूटने या तरल पदार्थ के कारण नुकसान होने की स्थिति में पात्र मरम्मत सुविधा मिल सकती है। हालांकि, ऐसी मरम्मत के लिए निर्धारित सर्विस शुल्क लागू हो सकता है। बैटरी के मामले में भी AppleCare+ की विशेष शर्तें होती हैं। स्रोत के अनुसार, पात्र AppleCare+ कवरेज में बैटरी की क्षमता मूल क्षमता के 80 प्रतिशत से नीचे आने पर बिना अतिरिक्त सेवा शुल्क के बैटरी बदलने की सुविधा मिल सकती है। लेकिन सामान्य इस्तेमाल के कारण बैटरी की क्षमता धीरे-धीरे कम होना Apple की स्टैंडर्ड लिमिटेड वारंटी में अपने आप कवर नहीं होता। iPhone की Warranty Expiry Date गलत दिखाई दे तो क्या करें? कई बार नया iPhone खरीदने के बाद Apple के रिकॉर्ड में खरीदारी की तारीख सही अपडेट नहीं होती। इस कारण वारंटी समाप्त होने की तारीख वास्तविक खरीदारी की तारीख से मेल नहीं खा सकती। अगर आपके साथ ऐसा होता है, तो सबसे पहले फोन का मूल बिल या खरीदारी की रसीद सुरक्षित रखें। इसके बाद Apple Support से संपर्क करें। Apple खरीदारी की तारीख की पुष्टि के लिए मूल इनवॉइस मांग सकता है। सत्यापन के बाद कंपनी अपने रिकॉर्ड में जरूरी सुधार कर सकती है। इसलिए नया iPhone खरीदते समय उसकी खरीदारी की रसीद संभालकर रखना जरूरी है। सेकंड हैंड iPhone खरीद रहे हैं? वारंटी के साथ ये चीजें भी चेक करें अगर आप पुराना iPhone खरीदने की योजना बना रहे हैं, तो केवल वारंटी की जानकारी देखना पर्याप्त नहीं है। फोन खरीदने से पहले उसकी तकनीकी स्थिति और सुरक्षा से संबंधित कुछ जरूरी चीजें भी जांचनी चाहिए। 1. Activation Lock चेक करें यह सुनिश्चित करें कि फोन पिछले मालिक के Apple Account से लिंक न हो। विक्रेता से फोन का डेटा मिटाकर उसे अपने अकाउंट से हटाने के लिए कहें। अगर सेटअप के दौरान पिछले मालिक का पासवर्ड मांगा जा रहा है, तो ऐसी स्थिति में फोन खरीदने से बचें। 2. Parts and Service History देखें iPhone में Settings के बाद General और About सेक्शन खोलें। समर्थित डिवाइस और iOS संस्करण पर Parts and Service History की जानकारी दिखाई दे सकती है। इससे पता लगाने में मदद मिल सकती है कि फोन के कुछ पार्ट्स पहले बदले गए हैं या नहीं। 3. Battery Health जांचें Settings में Battery से संबंधित सेक्शन खोलें। इसके बाद Battery Health की जानकारी देखें। यहां बैटरी की अधिकतम क्षमता से संबंधित विवरण मिल सकता है। अलग-अलग iPhone मॉडल और iOS संस्करण में मेन्यू का नाम थोड़ा अलग हो सकता है। 4. फोन के हार्डवेयर की जांच करें पुराना iPhone खरीदने से पहले उसका डिस्प्ले, कैमरा, स्पीकर, माइक्रोफोन, बटन और चार्जिंग पोर्ट जांचें। यह भी देखें कि फोन सामान्य रूप से चार्ज हो रहा है या नहीं। 5. खरीदारी का बिल जरूर मांगें अगर विक्रेता दावा कर रहा है कि फोन अभी वारंटी में है, तो उससे मूल खरीदारी का बिल मांगें। ध्यान रखें कि सेकंड हैंड iPhone खरीदने से उसकी एक साल की मूल वारंटी दोबारा शुरू नहीं होती। क्या बिना बिल के iPhone की वारंटी चेक कर सकते हैं? हां, Apple की ऑनलाइन Check Coverage सुविधा के जरिए Serial Number की मदद से उपलब्ध वारंटी की जानकारी देखी जा सकती है। इसके लिए हर बार खरीदारी का बिल होना जरूरी नहीं है। हालांकि, अगर वारंटी की तारीख गलत है या किसी सर्विस क्लेम में खरीदारी का प्रमाण मांगा जाता है, तो बिल की जरूरत पड़ सकती है। इसलिए फोन का इनवॉइस सुरक्षित रखना बेहतर है। निष्कर्ष iPhone की वारंटी जांचना आसान है और इसके लिए सर्विस सेंटर जाने की जरूरत नहीं पड़ती। यूजर्स Settings में AppleCare & Warranty सेक्शन खोलकर, Apple की Check Coverage वेबसाइट पर Serial Number दर्ज करके या अपने Apple Account से कवरेज की जानकारी देख सकते हैं। अगर आपके फोन में तकनीकी परेशानी आ रही है या आप सेकंड हैंड iPhone खरीद रहे हैं, तो वारंटी की स्थिति पहले ही जांच लेना उपयोगी हो सकता है। इसके अलावा, सामान्य वारंटी और AppleCare+ के बीच अंतर समझना भी जरूरी है, क्योंकि सभी प्रकार के नुकसान हर प्लान में कवर नहीं होते।
EPFO की WhatsApp सेवा अब काम करने लगी है. आज मंगलवार को हमने चेक किया तो सर्विस काम कर रही थी. इसमें आप PF बैलेंस, पिछली 5 ट्रांजैक्शन और पासबुक चेक कर सकते हैं. पूरा अपडेट यहां जान लीजिए.
स्मार्ट टीवी, CCTV कैमरा, वीडियो डोरबेल और Wi-Fi राउटर समेत घर के कई इंटरनेट से जुड़े डिवाइस हैकर्स के निशाने पर हो सकते हैं। हैकर्स इन डिवाइस का इस्तेमाल कैसे कर सकते हैं और आप अपनी प्राइवेसी बचाने के लिए क्या कर सकते हैं? आइए जानते हैं।
व्हाट्सएप लोन स्कैम: कहीं आप भी तो नहीं फंस रहे? ऐसे पहचानें फर्जी ऐप्स और बचाएं अपना बैंक बैलेंस
Don't fall for fake WhatsApp loan offers.
यूपी: मोबाइल गेम खेलते-खेलते कक्षा 11 के छात्र की मौत, अचानक लुढ़का और फिर न उठा; सामने आई ये वजह
मुजफ्फरनगर के पुरकाजी कस्बे के मोहल्ला नूर नगरियान में अपने घर पर मोबाइल गेम खेल रहे 17 साल के कक्षा 11 के छात्र उत्तम का दिल का दौरा पड़ जाने से मौत हो गई।
pc: india tv hindi Facebook पर Reels या वीडियोस का अपने आप चलना (Auto-play) बंद या चालू करने के लिए आप ऐप की सेटिंग्स में जाकर इसे आसानी से बदल सकते हैं। इससे आपका मोबाइल डेटा (Internet Data) भी बचता है। इसे बदलने के लिए नीचे दिए गए स्टेप्स को फॉलो करें: Facebook App में Auto-Play बंद या बदलने का तरीका: अपने फोन में फेसबुक ऐप ओपन करें और ऊपर दाईं तरफ दिख रही अपनी प्रोफाइल फोटो या 3 लाइन्स (Menu) पर टैप करें। नीचे स्क्रॉल करें और 'Settings & Privacy' पर क्लिक करें, फिर 'Settings' के विकल्प को चुनें। 'Preferences' सेक्शन के अंदर आपको 'Media' का ऑप्शन दिखाई देगा, उस पर क्लिक करें। यहाँ आपको 'Autoplay' सेक्शन में 3 विकल्प मिलेंगे: मोबाइल डेटा और वाई-फाई दोनों पर ऑटो-प्ले चालू रहेगा। केवल वाई-फाई कनेक्ट होने पर ही वीडियो/रील्स अपने आप चलेंगे (डेटा बचाने के लिए बेहतर)। ऑटो-प्ले पूरी तरह बंद हो जाएगा। कोई भी वीडियो या रील अपने आप नहीं चलेगी। अपनी जरूरत के हिसाब से विकल्प चुनें (यदि आप डेटा बचाना चाहते हैं तो 'Never Auto-play Videos' सेलेक्ट करें)। Verification: इसके बाद जब आप अपनी फेसबुक फीड या रील्स सेक्शन में जाएंगे, तो रील्स अपने आप प्ले नहीं होंगी और आपको उन पर क्लिक करके ही चलाना पड़ेगा।
क्या मोबाइल से सिम कार्ड निकालने पर भी WhatsApp चलेगा? डिटेल में जानें
PC: JAGRAN साइबर क्राइम और ऑनलाइन फ्रॉड पर रोक लगाने के लिए केंद्र सरकार 'SIM बाइंडिंग' नियम लाने की तैयारी कर रही है। यह नियम 1 जनवरी, 2027 से लागू हो सकता है, जिसके लिए कंपनियों को 31 दिसंबर, 2026 तक की डेडलाइन दी गई है। इन नए नियमों से WhatsApp और Telegram जैसे मैसेजिंग ऐप के इस्तेमाल में बड़ा बदलाव आएगा। क्या है SIM बाइंडिंग नियम? अभी, बहुत से लोग अपना मोबाइल नंबर डालकर और एक बार OTP वेरिफाई करके WhatsApp या दूसरे मैसेजिंग ऐप शुरू करते हैं, और फिर फोन से SIM कार्ड निकालकर दूसरे फोन में इस्तेमाल करते हैं। हालांकि, SIM बाइंडिंग नियम लागू होने के बाद, ऐप्स को उस एक्टिव SIM कार्ड से हमेशा के लिए लिंक रहना होगा। जिस नंबर से अकाउंट बनाया गया है। अगर संबंधित नंबर का SIM कार्ड फोन में नहीं है या एक्टिव नहीं है, तो ऐप चलाने में दिक्कत आ सकती है। WhatsApp Web पर क्या बदलेगा? सिर्फ मोबाइल ऐप ही नहीं, बल्कि कंप्यूटर या लैपटॉप पर चलने वाले WhatsApp Web या डेस्कटॉप वर्जन के लिए भी नियम कड़े किए जा रहे हैं। डिपार्टमेंट ऑफ़ टेलीकॉम के निर्देशों के अनुसार, एक वेब सेशन को लगातार 6 घंटे से ज़्यादा नहीं चलाया जा सकता है और उसके बाद फिर से QR कोड स्कैन करके बैलेंस लिंक करना होगा। इससे दूसरी जगह से अकाउंट का गलत इस्तेमाल करना मुश्किल हो जाएगा। सरकार यह नियम क्यों ला रही है? अक्सर साइबर क्रिमिनल दूसरे देशों के फेक नंबर या इंडियन मोबाइल नंबर से मैसेजिंग ऐप्स के लिए अकाउंट बनाते हैं और फिर फोन से सिम निकाल लेते हैं। उसके बाद भी वे उसी अकाउंट का इस्तेमाल डिजिटल अरेस्ट करने, फेक सरकारी अधिकारी बनकर लोगों को धमकाने या इन्वेस्टमेंट के नाम पर लोगों को ठगने के लिए करते हैं। सरकार ऐसे क्राइम को कंट्रोल करने और नंबर की सही पहचान पक्का करने के लिए यह नियम लागू कर रही है। इस नियम से विदेश में घूम रहे यूज़र्स पर कोई असर नहीं पड़ेगा, क्योंकि उनका सिम कार्ड फोन में ही एक्टिव रहता है। इस नियम के लागू होने के बाद यूज़र्स को एक सुरक्षित और ट्रांसपेरेंट डिजिटल माहौल पाने में मदद मिलेगी।
पीईटी परीक्षा 2026: अंडरवियर में मोबाइल छिपाकर लाया डिवाइस, नकल का ऐसा तरीका; चकरा जाएगा दिमाग
आगरा से आई एसटीएफ की टीम ने की पूछताछ, अंडरवियर में छिपाकर लाया था इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस।
सीकर जिले में 29 साल और 25 साल की महिला के लापता होने का मामला सामने आया है। दोनों के पति ने पुलिस में मुकदमा दर्ज करवाया है। पुलिस अब दोनों की तलाश कर रही है। 29 साल की महिला लापता,मोबाइल स्विच ऑफ 29 साल की महिला के लापता होने के केस में उसके पति ने पुलिस में शिकायत देकर बताया कि वह 26 अक्टूबर को ड्यूटी करके जब अपने घर पर आया तो देखा की पत्नी घर पर नहीं है। घर में जो संदूक रखी हुई थी वह भी खुली थी। इसके बाद जब पूछताछ की तो पता चला की पत्नी तो अपने पीहर जाने की बात कह कर निकली थी। जब उसके मोबाइल नंबर पर कॉल करना चाहा तो मोबाइल भी स्विच ऑफ था। 25 साल की महिला लापता 25 साल की महिला के लापता होने के केस में उसके पति ने पुलिस में शिकायत देकर बताया कि उनकी पत्नी 29 अक्टूबर की दोपहर 12:30 बजे घर से बिना बताए कहीं चली गई। काफी देर तक वह घर नहीं दिखी तो उसकी आस-पड़ोस में भी काफी तलाश की गई लेकिन कुछ पता नहीं चल पाया।
दुर्ग जिले में ऑनलाइन क्रिकेट सट्टे के खिलाफ पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। कोहका के राजा गार्डन स्थित एक मकान में WINBUZZ ऐप के जरिए क्रिकेट सट्टा चलाया जा रहा था। पुलिस ने दबिश देकर मौके से दो युवकों प्रकाश हरिनखेड़े और डिकेश प्रसाद तिवारी को गिरफ्तार किया है। दोनों आरोपी मासिक वेतन पर सट्टा संचालन का काम करते थे। कार्रवाई के दौरान पुलिस ने 4 लाख 93 हजार रुपए नकद, 3 लैपटॉप, 1 आईपैड और 18 स्मार्टफोन समेत लाखों रुपए की सामग्री जब्त की है। यह कार्रवाई चौकी स्मृतिनगर, थाना सुपेला और ACCU की संयुक्त टीम ने की। दरअसल, पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली थी कि जी-9 टावर के पास राजा गार्डन स्थित देवेंद्र कुमार साहू के मकान में ऑनलाइन क्रिकेट सट्टा संचालित किया जा रहा है। सूचना के आधार पर पुलिस टीम गवाहों की मौजूदगी में मौके पर पहुंची। टीम ने मकान की घेराबंदी कर दबिश दी और दोनों आरोपियों को पकड़ लिया। पुलिस को देखकर कुछ संदिग्धों ने भागने की कोशिश भी की। मासिक वेतन पर करते थे सट्टा संचालन का काम एएसपी ग्रामीण मणिशंकर चंद्रा ने बताया कि शुरुआती पूछताछ में पता चला है कि मुख्य आरोपी देवेंद्र कुमार साहू अपने साथियों के साथ WINBUZZ ऐप के जरिए ऑनलाइन क्रिकेट सट्टा संचालित करता था। इसके लिए लैपटॉप, मोबाइल फोन, सिम कार्ड के साथ अलग-अलग लोगों के बैंक खातों और ATM कार्ड का इस्तेमाल किया जाता था। गिरफ्तार दोनों युवक इस नेटवर्क में मासिक वेतन पर काम करते थे। जांच में यह भी सामने आया है कि कुछ लोगों के बैंक खातों का इस्तेमाल कथित तौर पर उनकी जानकारी के बिना सट्टे के लेन-देन के लिए किया जा रहा था। पुलिस इस पहलू की भी जांच कर रही है। कैश, मोबाइल और बैंकिंग दस्तावेज जब्त पुलिस ने मौके से 4.93 लाख रुपए नकद, 3 लैपटॉप, 1 आईपैड और अलग-अलग कंपनियों के 18 स्मार्टफोन जब्त किए हैं। इसके अलावा 22 ATM कार्ड, 10 बैंक पासबुक, एयरटेल बैंक के 4 QR कोड स्कैनर, 1 एयरटेल वाई-फाई डिवाइस और 4 होंडा एक्टिवा स्कूटर भी जब्त किए गए हैं। पुलिस को मौके से अन्य महत्वपूर्ण दस्तावेज भी मिले हैं। मुख्य आरोपी की तलाश जारी गिरफ्तार आरोपियों की पहचान प्रकाश हरिनखेड़े (23), निवासी अर्जुन नगर, वैशाली नगर और डिकेश प्रसाद तिवारी (22), निवासी अर्जुन नगर, वैशाली नगर के रूप में हुई है। पुलिस ने दोनों के खिलाफ छत्तीसगढ़ जुआ प्रतिषेध अधिनियम की धारा 7 और भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 317(2), 317(4) और 61(2) के तहत मामला दर्ज किया है। दोनों आरोपियों को 2 नवंबर को गिरफ्तार कर वैधानिक कार्रवाई की गई। पुलिस अब गिरोह के मुख्य आरोपी देवेंद्र कुमार साहू और अन्य संभावित संलिप्त लोगों की तलाश कर रही है। मामले की जांच जारी है।
2.15 लाख रुपए का संदिग्ध लेनदेन युवक गिरफ्तार, एंड्रॉयड मोबाइल जब्त
भास्कर न्यूज | देवरबीजा साइबर ठगी की रकम बैंक खातों में प्राप्त करने और म्यूल अकाउंट के रूप में इस्तेमाल करने के मामले में देवरबीजा पुलिस ने सातवें आरोपी को गिरफ्तार किया है। आरोपी की पहचान रिंकू उर्फ महाराज साहू (24), निवासी साहू पारा वार्ड क्रमांक 6 रवेली के रूप में हुई है। पुलिस ने उसके कब्जे से करीब 5 हजार रुपए कीमत का एक एंड्रॉयड मोबाइल जब्त किया है। उसे न्यायालय में पेश कर न्यायिक रिमांड पर भेजा गया है। पुलिस के अनुसार, बैंक ऑफ महाराष्ट्र की देवरबीजा शाखा और आईडीबीआई बैंक बेमेतरा के कुछ खातों में साइबर ठगी की रकम जमा होने की जानकारी मिली थी। जांच के दौरान बैंक खातों के विवरण खंगाले गए। इसमें 16 नवंबर 2024 से 23 फरवरी 2025 के बीच अलग-अलग तारीखों में कुल 2 लाख 15 हजार 439 रुपए की संदिग्ध रकम जमा होना पाया गया। खातों में खाता खुलने से लेकर अंतिम लेनदेन तक बड़ी रकम का आदान-प्रदान भी सामने आया। मामले में पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता की धारा 317(2), 317(4), 318(4) और 61(2)(ए) के तहत अपराध दर्ज कर जांच शुरू की थी। इससे पहले पुलिस ने जितेंद्र वर्मा, संजय यादव, चंद्रमणि साहू, लोकेंद्र साहू, दुर्गेश साहू और दिलेश्वर साहू को गिरफ्तार किया था। इनके कब्जे से छह मोबाइल जब्त किए गए थे, जिनकी कीमत करीब 30 हजार रुपए बताई गई है। पुलिस का दावा है कि पूछताछ में रिंकू ने अपराध में संलिप्तता स्वीकार की। उसे 2 नवंबर को गिरफ्तार किया गया। साइबर एक्सपर्ट के मुताबिक म्यूल अकाउंट यानी ऐसा बैंक खाता, जिसका इस्तेमाल साइबर अपराधी ठगी और ऑनलाइन धोखाधड़ी से हासिल रकम को एक जगह से दूसरी जगह भेजने के लिए करते हैं। अपराधी अपने बैंक खाते के बजाय दूसरे व्यक्ति के खाते का इस्तेमाल करते हैं, ताकि उनकी पहचान छिपी रहे और ठगी की रकम का पता लगाना मुश्किल हो। अनजान व्यक्ति के साथ बैंकिंग जानकारी साझा न करें और संदिग्ध लेनदेन की सूचना तुरंत बैंक व साइबर हेल्पलाइन 1930 पर दें। साइबर अपराधी खासकर युवा, विद्यार्थियों और आर्थिक रूप से कमजोर लोगों को आसान कमाई का लालच देकर इस जाल में फंसाते हैं। उन्हें थोड़े से कमीशन के बदले अपना बैंक खाता, एटीएम कार्ड, पासबुक या यूपीआई की जानकारी देने के लिए तैयार किया जाता है। कई बार घर बैठे काम करने और ऑनलाइन नौकरी का झांसा देकर भी लोगों से बैंक खाते खुलवाए जाते हैं। इसके बाद उन खातों में साइबर ठगी की रकम जमा कराई जाती है। अनजान व्यक्ति के साथ बैंकिंग जानकारी साझा न करें और संदिग्ध लेनदेन की सूचना तुरंत बैंक व साइबर हेल्पलाइन 1930 पर दें।
दुकान पर खरीदारी को आया मोबाइल लूट ले गया
जयपुर | सुभाष चौक इलाके में एक बदमाश ने दुकान के बाहर खड़े ग्राहक से मोबाइल लूटकर ले गया। इस संबंध में पीड़ित पश्चिम बंगाल के वर्धमान निवासी सुभाष ने रविवार को सुभाष चौक थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई कि रात करीब 8 बजे लवाण का घेर स्थित दुकान से सामान खरीदने के लिए खड़ा था। तभी एक बदमाश ने झपट्टा मारकर उनका मोबाइल लूट लिया। पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज कर बदमाश की पहचान के लिए घटनास्थल के आस-पास लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगालने में जुटी है।
दुकान के बाहर खड़ी महिला से मोबाइल छीनने वाला शातिर गिरफ्तार... सीसीटीवी से खुला राज
सुभाष चौक थाना पुलिस ने दुकान के बाहर खड़ी महिला के हाथ से मोबाइल झपटकर भागने वाले आरोपी को गिरफ्तार किया है। पकड़ा गया आरोपी मोहसीन खान (26) मूल रूप से बरेली (उत्तर प्रदेश) का रहने वाला है और वर्तमान में शिकारियों की मोरी (रामगंज) में किराएदार के रूप में रह रहा था। डीसीपी उत्तर करण शर्मा ने बताया कि 31 अक्टूबर की शाम परिवादी सुभाष हलदर की प|ी सोविता दुकान पर खड़ी थीं, तभी आरोपी उनका मोबाइल छीनकर फरार हो गया था। थानाधिकारी भरत महर के नेतृत्व में टीम ने घटनास्थल व आसपास के सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगाले। हुलिये के आधार पर कांस्टेबल महेंद्र कुमार की विशेष भूमिका से आरोपी को दबोच लिया गया। पुलिस आरोपी से अन्य वारदातों को लेकर पूछताछ कर रही है।
कानपुर के गोविंद नगर थाना क्षेत्र में चोरों ने मोबाइल शॉप की दुकान में घुसकर देर रात करीब 15 लाख रुपए का माल पार कर दिया। सुबह ताले टूटे देख पीड़ित ने जानकारी होने पर पुलिस को सूचना दी।
Mainpuri News: ऑटो में खोया मोबाइल महिला को लौटाया
ऑटो में खोया मोबाइल महिला को लौटाया
Sambhal News: मोबाइल हैक कर खाते से उड़ाए 6.57 लाख
बहजोई थाना क्षेत्र के नारायण टोला में एक युवक साइबर धोखाधड़ी का शिकार हो गया है।
Muzaffarnagar News: मोबाइल गेम खेलते हुए हार्टफेल कक्षा 11 के छात्र की मौत
Class 11 student dies of heart failure while playing a mobile game
Chandauli News: सरकारी अधिकारियों के मोबाइल नंबर वेबसाइट पर सार्वजनिक करने की मांग
Demand to make mobile numbers of government officials public on the website
Auraiya News: युवक को पीटकर तोड़ी बाइक, मोबाइल छीना
औरैया। शहर के नारायणपुर के पास एक युवक की बेरहमी से पिटाई का आरोप है।
बरेली दंगे से जुड़े मुकदमे में कैंट पुलिस ने एक और आरोपी को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने सोमवार को इज्जतनगर के फरीदपुर चौधरी निवासी सद्दाम खान को उसके घर से पकड़ा। पुलिस के मुताबिक, सद्दाम ने पूछताछ में बताया कि वह 19 सितंबर 2025 को मौलाना तौकीर रजा की मौजूदगी में हुई बैठक में शामिल हुआ था। उसने 26 सितंबर को मोबाइल फोन घर पर छोड़कर भीड़ के साथ इस्लामिया ग्राउंड पहुंचने की बात भी बताई। पुलिस के अनुसार, 26 सितंबर 2025 को कोतवाली में दंगे के संबंध में मुकदमा दर्ज किया गया था। इसमें मौलाना तौकीर रजा समेत 25 लोगों को आरोपी बनाया गया था। वांछित आरोपियों की गिरफ्तारी के अभियान के तहत कैंट पुलिस सद्दाम की तलाश कर रही थी। मुखबिर की सूचना पर उसे घर से गिरफ्तार किया गया। पूछताछ में सद्दाम ने बताया कि 19 सितंबर को मौलाना तौकीर रजा फरीदपुर चौधरी आए थे। सभासद नासिर खान के घर बैठक रखी गई थी, लेकिन अधिक लोगों के पहुंचने पर इसे बेग बैंक्वेट हॉल में किया गया। बैठक में करीब 100 से 125 लोग मौजूद थे। पुलिस के मुताबिक, बैठक में 26 सितंबर को जुमे की नमाज के बाद अधिक से अधिक लोगों को इस्लामिया ग्राउंड पहुंचने के लिए कहा गया था। सद्दाम ने बताया कि वह अन्य लोगों के साथ वहां पहुंचा और घटना के दौरान भीड़ के साथ कचहरी की तरफ भाग गया। पुलिस ने बताया कि सद्दाम के खिलाफ बारादरी थाने में भी एक मुकदमा दर्ज है। गिरफ्तारी के बाद उसे अदालत में पेश करने की कार्रवाई की जा रही है।
मोबाइल लेने पर युवक की खुली किस्मत:दीपावली ऑफर में मोबाइल खरीदने पर मिला 10 लाख रुपये का इनाम
हापुड़ में दीपावली का त्योहार शहर के एक युवक के लिए यादगार बन गया। रेलवे रोड स्थित आरके प्लाजा के सामने मोबाइल खरीदने पहुंचे स्थानीय निवासी अमित कुमार की किस्मत चमक गई। ओप्पो मोबाइल कंपनी की ओर से चलाए जा रहे 'दीवाली रैफल ऑफर' के तहत उनके नाम 10 लाख रुपये का बंपर पुरस्कार निकला। इनाम की घोषणा होने पर अमित को पहले विश्वास नहीं हुआ। दुकान संचालक और कंपनी के प्रतिनिधियों से पुष्टि होने के बाद उन्हें अपनी जीत का यकीन हुआ। इस खुशी में दुकान परिसर में जश्न मनाया गया। हापुड़ के अपर पुलिस अधीक्षक महेश कुमार, कंपनी के प्रतिनिधियों और दुकान संचालक ने अमित का मुंह मीठा कराया और केक काटकर बधाई दी। इसके बाद लोगों ने ढोल की थाप पर डांस कर खुशी जताई। अमित को 10 लाख रुपये का पुरस्कार मिलने की खबर फैलते ही उन्हें बधाई देने वालों का तांता लग गया।
बठिंडा शहर को डिजिटल और आधुनिक बनाने की दिशा में नगर निगम ने नई पहल की है। मेयर पदमजीत सिंह मेहता ने वार्ड नंबर 46 में यूनिटनेव (UnitNav) डिजिटल नेविगेशन पायलट प्रोजेक्ट की शुरुआत की। इसके तहत वार्ड की 2,021 संपत्तियों को डिजिटल मैप से जोड़ा गया है। अब लोग नगर निगम के प्रॉपर्टी नंबर के जरिए किसी भी संपत्ति की सटीक लोकेशन अपने स्मार्टफोन पर देख सकेंगे। इस पहल के साथ बठिंडा को पंजाब का पहला ऐसा शहर बताया जा रहा है, जहां नगर निगम की संपत्ति संख्या को जमीन पर मौजूद उसकी वास्तविक लोकेशन से डिजिटल रूप से जोड़ा गया है।फिलहाल इसे पायलट प्रोजेक्ट के तौर पर वार्ड नंबर 46 में लागू किया गया है।बिना ऐप डाउनलोड किए मिलेगी लोकेशनमेयर पदमजीत सिंह मेहता ने बताया कि यूनिटनेव के जरिए संपत्ति की लोकेशन जानने के लिए किसी अलग मोबाइल ऐप को डाउनलोड करने की जरूरत नहीं होगी। लोग अपने मोबाइल ब्राउजर से इस सुविधा का इस्तेमाल कर सकेंगे। इसमें पंजाबी और अंग्रेजी दोनों भाषाओं का विकल्प उपलब्ध होगा। उन्होंने बताया कि प्रॉपर्टी टैक्स नोटिस, पानी के बिल और बिजली कनेक्शन पर दर्ज नगर निगम की संपत्ति संख्या के जरिए संबंधित मकान या प्रतिष्ठान तक पहुंचा जा सकेगा। सिस्टम में संपत्ति नंबर डालने पर उसका सटीक स्थान, दूरी, दिशा और गेट तक पहुंचने का पैदल रास्ता भी दिखाई देगा। आपातकालीन सेवाओं को भी मिलेगी मददमेयर ने कहा कि यह तकनीक केवल आम लोगों के लिए ही नहीं, बल्कि आपातकालीन सेवाओं के लिए भी उपयोगी होगी। कई बार एंबुलेंस और फायर ब्रिगेड की टीमों को सही पता नहीं मिलने के कारण मौके पर पहुंचने में परेशानी होती है। डिजिटल लोकेशन मिलने से ऐसी सेवाओं को संबंधित घर या प्रतिष्ठान तक पहुंचने में मदद मिलेगी।इसके अलावा नगर निगम के प्रॉपर्टी टैक्स, जलापूर्ति, सीवरेज, कूड़ा संग्रहण, स्ट्रीट लाइट रखरखाव और भवन निरीक्षण से जुड़े विभाग भी इस प्रणाली का इस्तेमाल कर सकेंगे। इससे कर्मचारियों को संपत्तियों की पहचान करने और मौके पर पहुंचने में आसानी होगी।वार्ड में लगेंगे क्यूआर कोड वाले बोर्डपायलट प्रोजेक्ट के तहत वार्ड नंबर 46 के अलग-अलग स्थानों पर नेविगेशन बोर्ड लगाए जाएंगे। इन बोर्डों पर क्यूआर कोड होंगे। लोग मोबाइल से कोड स्कैन करके सीधे डिजिटल मैप पर पहुंच सकेंगे और संबंधित संपत्ति की लोकेशन देख सकेंगे। मेयर ने कहा कि इस सुविधा से डिलीवरी और कूरियर कंपनियों, स्थानीय कारोबारियों, शहर में आने वाले लोगों और निवासियों को भी फायदा होगा। उन्हें किसी व्यक्ति का घर या दुकान ढूंढने के लिए बार-बार फोन करके रास्ता पूछने की जरूरत नहीं पड़ेगी।अन्य वार्डों में भी लागू करने की योजनामेयर पदमजीत सिंह मेहता ने कहा कि फिलहाल इस परियोजना की शुरुआत वार्ड नंबर 46 से की गई है। इसके सफल रहने पर इसे शहर के दूसरे वार्डों में भी लागू करने की योजना है। उन्होंने कहा कि इस तरह की तकनीक से नगर निगम के रिकॉर्ड को जमीनी स्तर पर मौजूद संपत्तियों से जोड़ने में मदद मिलेगी।उन्होंने कहा कि तकनीक आधारित सुविधाओं से सरकारी सेवाओं को अधिक पारदर्शी, तेज और नागरिकों के लिए सुविधाजनक बनाया जा सकता है। यूनिटनेव परियोजना को बठिंडा के शहरी विकास में एक नई पहल के रूप में देखा जा रहा है।
पंजाब के बठिंडा से किशनगंज लौट रहे 42 वर्षीय तारिख अनवर 9 दिनों से लापता हैं। वह 23 अक्टूबर की रात ट्रेन संख्या 15910 अवध असम एक्सप्रेस से घर आने के लिए निकले थे। पत्नी हमीदा बेगम 24 अक्टूबर को किशनगंज रेलवे स्टेशन पर उनका इंतजार करती रहीं, लेकिन तारिख वहां नहीं पहुंचे। इसके बाद से उनका कोई पता नहीं चला है। बठिंडा स्टेशन से जनरल बोगी में हुए थे सवार तारिख अनवर किशनगंज के पहाड़कट्टा थाना क्षेत्र के कानापुर गांव के रहने वाले हैं। परिजनों के मुताबिक, वह रोजगार की तलाश में बठिंडा में मजदूरी करने गए थे। वहां मन नहीं लगने पर उन्होंने घर लौटने का फैसला किया। पत्नी हमीदा बेगम ने बताया कि 23 अक्टूबर 2026 की रात करीब 2 बजे तारिख बठिंडा रेलवे स्टेशन से ट्रेन संख्या 15910 अवध असम एक्सप्रेस की पीछे वाली जनरल बोगी में सवार हुए थे। उन्होंने फोन पर पत्नी को ट्रेन में बैठने की जानकारी भी दी थी। स्टेशन पर 4 घंटे इंतजार करती रहीं पत्नी हमीदा बेगम के मुताबिक, पति के आने की सूचना मिलने पर वह 24 अक्टूबर को दोपहर करीब 3 बजे किशनगंज रेलवे स्टेशन पहुंचीं। वह उनका इंतजार करती रहीं, लेकिन शाम करीब 7 बजे ट्रेन स्टेशन से गुजर गई और तारिख नहीं उतरे। इसके बाद उन्होंने पति से संपर्क करने की कोशिश की, लेकिन कोई जानकारी नहीं मिली। मोबाइल फोन भी नहीं रखते हैं तारिख हमीदा बेगम ने बताया कि तारिख के पास मोबाइल फोन नहीं है। उनकी तलाश के लिए रेलवे हेल्पलाइन नंबर 139 पर शिकायत भी दर्ज कराई गई है। परिवार के लोग किसी अनहोनी की आशंका से परेशान हैं। परिजनों ने लोगों से मदद की अपील की परिजनों के अनुसार, तारिख की लंबाई करीब 5 फीट 6 इंच है। उनका शरीर सामान्य से थोड़ा मोटा और रंग गोरा है। परिवार ने अपील की है कि तारिख के बारे में किसी को भी जानकारी मिले तो पुलिस या परिजनों को सूचित करें। इस संबंध में सदर थानाध्यक्ष मुकेश कुमार ने बताया कि मामले में प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है। पुलिस उनकी तलाश और मामले की जांच कर रही है।
मोहाली के लालड़ू में मोटरसाइकिल सवारों द्वारा मोबाइल फोन छीनने के मामले में पुलिस को अदालत में झटका लगा है। अदालत ने सबूतों के अभाव में दोनों आरोपियों बोधराज निवासी लालड़ू मंडी और विशाल को बरी कर दिया। मामले में सबसे अहम बात यह रही कि मोबाइल छीनने की शिकायत करने वाली महिला और उसके बेटे ने अदालत में आरोपियों की पहचान करने से ही इनकार कर दिया। वहीं, पुलिस यह भी साबित नहीं कर सकी कि बरामद मोबाइल फोन शिकायतकर्ता का था। अदालत ने कहा कि सरकारी पक्ष आरोपियों के खिलाफ आईपीसी की धारा 379-बी और 411 तथा मोटर व्हीकल एक्ट की धारा 181 के तहत आरोप साबित करने में असफल रहा। शिकायतकर्ता सीमा देवी ने अदालत में कहा कि आरोपियों के नाम उसे पुलिस ने बताए थे। घटना के समय उसने किसी आरोपी को मौके पर नहीं देखा था। उसने यह भी आरोप लगाया कि पुलिस ने खाली कागजों पर उसके हस्ताक्षर करवाए थे। वह पंजाबी पढ़ना-लिखना भी नहीं जानती। घटना के समय उसके साथ मौजूद बेटे शौर्य कुमार ने भी आरोपियों की पहचान नहीं की। मोबाइल विशाल से मिला, लेकिन मालिकाना हक का सबूत नहीं पुलिस ने दावा किया था कि आरोपी विशाल के कब्जे से छीना गया मोबाइल फोन बरामद हुआ है। इसके लिए रिकवरी मेमो भी अदालत में पेश किया गया, लेकिन मोबाइल का बिल लालन कुमार के नाम पर था। शिकायतकर्ता सीमा देवी यह साबित नहीं कर सकी कि उसने मोबाइल लालन कुमार से खरीदा था। न ही इस संबंध में कोई अन्य दस्तावेज पेश किया गया। ऐसे में अदालत ने माना कि मोबाइल पर शिकायतकर्ता का मालिकाना हक साबित नहीं हुआ। बिना लाइसेंस बाइक चलाने का आरोप भी नहीं टिका पुलिस ने आरोप लगाया था कि बोधराज बिना वैध ड्राइविंग लाइसेंस के मोटरसाइकिल चला रहा था। हालांकि, अदालत में ऐसा कोई ठोस सबूत पेश नहीं किया गया, जिससे यह साबित हो सके कि घटना के समय मोटरसाइकिल बोधराज ही चला रहा था। पुलिसकर्मियों की गवाही भी आरोपियों को मोबाइल छीनने की घटना से जोड़ने के लिए पर्याप्त नहीं मानी गई। 2023 में दर्ज हुआ था केस लालड़ू पुलिस ने 26 अप्रैल 2023 को बोधराज और विशाल के खिलाफ आईपीसी की धारा 379-बी, 411 और 34 तथा मोटर व्हीकल एक्ट की धारा 181 के तहत केस दर्ज किया था। शिकायतकर्ता सीमा देवी के अनुसार, 25 अप्रैल 2023 को वह अपने बेटे शौर्य कुमार के साथ लालड़ू मंडी के आईटीआई चौक के पास स्थित नौगजा पीर में माथा टेकने गई थी। सुबह करीब 11 बजे घर लौटते समय महाराणा प्रताप भवन के सामने उसका बेटा उससे आगे चल रहा था। इसी दौरान मोटरसाइकिल पर सवार दो व्यक्ति आए और पीछे बैठे व्यक्ति ने उसके बेटे के हाथ से मोबाइल छीन लिया। इसके बाद दोनों मौके से फरार हो गए थे। अदालत ने सभी तथ्यों और गवाहों के बयानों पर विचार करने के बाद दोनों आरोपियों को संदेह का लाभ देते हुए बरी कर दिया।
जहानाबाद में पुलिस ने ऑपरेशन मुस्कान के तहत गुम हुए 39 मोबाइल फोन बरामद कर उनके वास्तविक मालिकों को सौंप दिए। बरामद मोबाइलों की कुल अनुमानित कीमत करीब 7 लाख 80 हजार रुपए बताई गई है। लंबे समय बाद अपना मोबाइल वापस मिलने पर लोगों के चेहरे खिल उठे। उन्होंने जहानाबाद पुलिस के प्रति आभार जताया। SP ने अपने हाथों से लौटाए मोबाइल मोबाइल फोन सौंपने के दौरान पुलिस अधीक्षक कोटा किरण ने अपने हाथों से सभी 39 मोबाइल उनके मालिकों को दिए। मोबाइल खोने के कारण परेशान लोगों को जब उनके फोन वापस मिले तो उनकी खुशी साफ दिखाई दी। लोगों ने पुलिस की इस पहल की सराहना की। तकनीकी अनुसंधान से खोजे जा रहे गुम मोबाइल ऑपरेशन मुस्कान का उद्देश्य गुम या खोए हुए मोबाइल फोन को तकनीकी माध्यमों से खोजकर उनके वास्तविक मालिकों तक पहुंचाना है। इस अभियान के तहत पुलिस की टीम मोबाइलों से जुड़ी जानकारी जुटाती है और तकनीकी अनुसंधान के जरिए उन्हें बरामद करने का प्रयास करती है। आम लोगों की समस्याओं का समाधान प्राथमिकता पुलिस अधीक्षक कोटा किरण ने बताया कि आम नागरिकों की समस्याओं का समाधान करना पुलिस की प्राथमिकता है। इस तरह के अभियान से लोगों को उनकी खोई संपत्ति वापस मिलती है और पुलिस तथा आम जनता के बीच विश्वास भी मजबूत होता है। 39 लोगों को मोबाइल वापस मिलने से जिले में पुलिस की इस पहल की सराहना हो रही है। ऑपरेशन मुस्कान के जरिए पुलिस ने लोगों की खोई संपत्ति लौटाकर उन्हें राहत दी है।
ग्वालियर: क्लीनिक के वेटिंग एरिया में मरीज का मोबाइल फटा, आग लगते ही मची भगदड़, बड़ा हादसा टला
थाटीपुर स्थित एक क्लीनिक में वेटिंग एरिया में बैठे एक व्यक्ति का मोबाइल अचानक फट गया। मोबाइल में ब्लास्ट के बाद आग की लपटें उठने लगीं और परिसर में धुआं फैल गया। क्लीनिक स्टाफ ने तुरंत आग पर काबू पा लिया।
रूस-यूक्रेन युद्ध क्या साइबर वॉर की ओर बढ़ा?: दोनों देशों के इमरजेंसी एप हैक, मोबाइल पर आ रहे फर्जी अलर्ट Russia-Ukraine war escalated into a cyber war Emergency apps in both countries hacked
कैथल में महिला को बाइक ने मारी टक्कर:खेत से लौटते वक्त टूटी टांग, पति को मोबाइल का चार्जर देने गई थी
कैथल जिले के गांव थेह नेवल में एक बाइक राइडर ने सड़क पर जा रही महिला को टक्कर मार दी। इस हादसे में महिला गंभीर रूप से घायल हो गई। उसकी टांग टूट गई। महिला अपने पति को खेत में मोबाइल चार्जर देने के लिए गई थी। वापस लौटते समय यह हादसा हुआ। इस संबंध में महिला के पति ने चीका थाना में शिकायत दी है। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ केस दर्ज कर लिया है। गांव थेह नेवल निवासी रघुबीर सिंह ने चीका थाना में दी शिकायत में बताया कि वह खेती बाड़ी का कार्य करता है। उसकी पत्नी का नाम जसविन्द्र कौर है। उसके पास 2 लड़कियां व 1 लड़का है। कल करीब शाम 4 बजे वह अपनी बेटी को गांव भागल बस अड्डा पर छोड़कर वापस अपने खेत में आ रहा था और उसके मोबाइल का चार्जर घर पर रह गया था। उसने अपनी पत्नी को चार्जर देने खेत में बुलाया था। चार्जर देकर घर लौट रही थी महिला जब उसकी पत्नी शाम को चार्जर देकर घर जा रही थी और बलबेहडा से थेह नेवल रोड पर पहुंची तो एक तेज रफ्तार बाइक राइडर ने उसे टक्कर मार दी। टक्कर लगते ही आरोपी मौके से फरार हो गया। इस हादसे में उसकी पत्नी गंभीर रूप से घायल हो गई। वे उसकी पत्नी को चीका अस्पताल में लेकर गए, जहां से उसे कैथल रेफर कर दिया गया। उन्होंने जसविंद्र कौर को एक निजी अस्पताल में दाखिल करवाया। शिकायतकर्ता ने आरोपी बाइक राइडर के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है। राइडर पर केस दर्ज, जांच जारी चीका थाना के जांच अधिकारी विक्रम ने बताया कि इस संबंध में पुलिस के पास शिकायत आई है। पुलिस ने आरोपी बाइक राइडर के खिलाफ केस दर्ज कर लिया है। मामले की जांच की जा रही है। जांच के आधार पर आगामी कार्रवाई की जाएगी।
होटल में अकेले मिलने बुलाया, मोबाइल पर भेजे अश्लील मैसेज; ओडिशा के जेल डीजी पर यौन उत्पीड़न का आरोप
ओडिशा के जेल डीजी सुशांत कुमार नाथ पर पूर्व जेलर ने यौन उत्पीड़न, धमकी और मानसिक प्रताड़ना के गंभीर आरोप लगाए हैं, जिसके बाद चौद्वार थाने में प्राथमिकी दर्ज की गई है।
हिसार शहर के डाबड़ा चौक स्थित 'होटल हैवन' के मालिक सचिन ने पुलिस आने की आशंका से घबराकर होटल की छत से छलांग लगा दी। इस हादसे में वह गंभीर रूप से घायल हो गए हैं, जिन्हें उपचार के लिए पास के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है। फिलहाल उनकी हालत चिंताजनक बनी हुई है। मिली जानकारी के अनुसार, होटल में ठहरे कुछ युवकों के साथ मोबाइल चोरी की बात को लेकर मालिक सचिन की कहासुनी हो गई थी। विवाद बढ़ता देख युवकों ने तुरंत डायल 112 पर पुलिस को कॉल कर दिया। पुलिस को सूचना दिए जाने की भनक लगते ही होटल मालिक मानसिक तनाव और घबराहट में आ गया और उसने आनन-फानन में छत से छलांग लगा दी। घटना से जुड़ी तस्वीरें… छत पर शराब पार्टी चल रही थी पुलिस जांच में पता चला है कि जब यह घटना घटी उस समय छत पर शराब पार्टी चल रही थी। इस घटना के बाद अफरा-तफरी मच गई। पुलिस ने छत पर देखा तो शराब व बीयर की बोलतें टेबल पर पड़ी हुई थी और शराब के गिलास आधे भरे हुए थे। पुलिस होटल की सीसीटीवी फुटेज जांचने के लिए डीवीआर कब्जे में ले ली है। पुलिस जांच में जुटी घटना की सूचना मिलते ही अर्बन एस्टेट पुलिस चौकी की टीम मौके पर पहुंची और जांच शुरू की। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि अभी तक अस्पताल से कोई रूक्का (आधिकारिक सूचना) प्राप्त नहीं हुआ है और न ही किसी पक्ष ने लिखित शिकायत दी है। बयान दर्ज होने या शिकायत मिलने के बाद आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
जालंधर के लांबड़ा इलाके में देर रात घर लौट रहे कैटरिंग कर्मचारी से कथित तौर पर लूटपाट और मारपीट का मामला सामने आया है। परिजनों के आरोप हैं कि अज्ञात हमलावरों ने उससे 5 हजार रुपये नकद और करीब 23 हजार रुपये कीमत का मोबाइल फोन छीन लिया। विरोध करने पर उस पर तेजधार हथियार से हमला कर घायल कर दिया। पीड़ित को इलाज के लिए जालंधर के सिविल अस्पताल में भर्ती करवाया गया है। पीड़ित के भाई सोनू चोपड़ा ने बताया कि उनका भाई कैटरिंग का काम करता है। वह देर रात करीब 11 से 12 बजे किसी शादी समारोह में काम निपटाकर घर लौट रहा था। इसी दौरान रास्ते में कुछ अज्ञात लोगों ने उसे रोक लिया और उसके साथ मारपीट शुरू कर दी। आरोप है कि हमलावर नकदी और मोबाइल फोन छीनकर फरार हो गए। शरीर पर चोटों के निशान परिजनों के मुताबिक, हमले में पीड़ित के शरीर और दांतों पर गंभीर चोटें आई हैं। उन्हें आशंका है कि हमलावरों ने तेजधार हथियार या किसी भारी वस्तु से हमला किया। घटना के बाद परिजनों ने पीड़ित के मोबाइल पर संपर्क किया तो शुरुआत में फोन उठा, लेकिन दूसरी तरफ मौजूद व्यक्ति ने कथित तौर पर तीखे लहजे में बात की। इसके बाद फोन बंद हो गया। पुलिस से कार्रवाई की मांग परिजनों ने पुलिस प्रशासन को लिखित शिकायत देने की बात कही है। उन्होंने छीना गया मोबाइल और नकदी बरामद करने के साथ आरोपियों की पहचान कर उन्हें गिरफ्तार करने की मांग की है। पुलिस मामले की जांच में जुटी है।
सतना में पुलिस ने नशीली टैबलेट बेचने के आरोप में पांच लोगों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने उनके पास से 1,656 टैबलेट, सात मोबाइल और एक बाइक जब्त की। आरोपियों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट और ड्रग्स कंट्रोल एक्ट के तहत केस दर्ज किया गया। उन्हें कोर्ट में पेश किया गया, जहां से जेल भेज दिया गया। सिटी कोतवाली पुलिस ने 31 अक्टूबर को तीन लोगों को पकड़ा। पुलिस मुख्यालय भोपाल के निर्देश पर चल रहे एंटी नारकोटिक्स अभियान के तहत पुलिस को सूचना मिली थी कि तीन युवक काले रंग की साइन बाइक से उचवा टोला में टैबलेट लेकर ग्राहक का इंतजार कर रहे हैं। थाना प्रभारी निरीक्षक हेमंत शर्मा के नेतृत्व में पुलिस टीम ने सतना नदी रपटा पुलिया रोड पर घेराबंदी कर तीनों को पकड़ा। बाइक के हैंडल पर लटके झोले की तलाशी में 1,176 टैबलेट मिलीं। गिरफ्तार लोगों की पहचान बड़ा तालाब निवासी विवेक सिंह पटेल और थाना कोटर के गढ़ी मोहल्ला निवासी रावेन्द्र कुशवाहा और सौरभ शुक्ला के रूप में हुई। पुलिस ने तीन मोबाइल और घटना में इस्तेमाल बाइक समेत 1 लाख 74 हजार 408 रुपए का सामान जब्त किया। कब्रिस्तान के पास से दो आरोपी पकड़े गएदूसरी कार्रवाई में सिविल लाइन पुलिस ने गढ़िया टोला कब्रिस्तान के पास दबिश देकर दो लोगों को पकड़ा। पुलिस को सूचना मिली थी कि वहां अलग-अलग जगहों पर नशीली टैबलेट बेची जा रही हैं। थाना प्रभारी निरीक्षक प्रीति विश्वकर्मा ने टीम बनाकर कार्रवाई की। पुलिस ने पौराणिक टोला निवासी दिलीप उर्फ छोटू यादव (24) और पुलिस कॉलोनी बिहारी मोहल्ला निवासी अब्दुल हक (39) को गिरफ्तार किया। उनके पास से 480 टैबलेट मिलीं। पुलिस ने दोनों के खिलाफ अलग-अलग केस दर्ज किए और उन्हें कोर्ट में पेश किया, जहां से जेल भेज दिया गया।
छत्तीसगढ़ के कोरबा जिले में मोबाइल को लेकर भाई से झगड़ा हुआ तो 17 साल की बहन ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। सानिया बानो 9वीं कक्षा में पढ़ती थी। 31 अक्टूबर की रात भाई से मोबाइल को लेकर झगड़ा हो गया। विवाद के बाद मां ने फोन छिपा दिया था। इससे नाराज होकर सानिया घर के टॉयलेट में चली गई। काफी देर तक बाहर नहीं आने पर परिजनों ने दरवाजा तोड़ा तो वह अंदर फंदे पर मिली। सूचना पर पहुंची दर्री पुलिस ने मर्ग कायम कर जांच शुरू कर दी है। मामला दर्री थाना क्षेत्र का है। मोबाइल को लेकर भाई-बहन में विवाद जानकारी के मुताबिक, अयोध्या पुरी के शरीफ कुरैशी की बेटी सानिया बानो (17) 9वीं कक्षा में पढ़ती थी। उसके पिता बकरे का कारोबार करते हैं। बताया जा रहा है कि 31 अक्टूबर की रात घर में मोबाइल को लेकर सानिया और उसके भाई के बीच कहासुनी हो गई थी। मां ने छिपाया फोन विवाद बढ़ने पर मां ने मोबाइल छिपा दिया और कहा कि तुम लोग मोबाइल के चक्कर में लड़ते रहते हो, इसलिए किसी को मोबाइल नहीं दूंगी। इस बात से सानिया नाराज हो गई और टॉयलेट के अंदर चली गई। टॉयलेट में फंदे पर लटकती मिली छात्रा काफी देर तक बाहर नहीं आने पर पिता ने टॉयलेट का दरवाजा खटखटाया। अंदर से कोई जवाब नहीं मिलने पर दरवाजा तोड़ा गया। वहां सानिया फंदे पर लटकी मिली। परिजन उसे तुरंत नीचे उतारकर अस्पताल ले जाने की तैयारी करने लगे, लेकिन तब तक उसकी मौत हो चुकी थी। पुलिस कर रही मामले की जांच घटना की सूचना मिलने पर दर्री पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने पंचनामा कार्रवाई के बाद शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया। थाना प्रभारी के मुताबिक, मर्ग कायम कर परिजनों के बयान लिए जा रहे हैं। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी। घटना के बाद परिवार में मातम पसरा है। मां का रो-रोकर बुरा हाल है। मोहल्ले के लोगों ने बताया कि सानिया शांत स्वभाव की थी और पढ़ाई में ठीक थी। पुलिस ने कहा कि पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट आने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी। ……………………… क्राइम से जुड़ी ये खबर भी पढ़ें… रील देखते समय नेटवर्क हुआ गायब, महिला ने पिया कीटनाशक: गुस्से में मोबाइल तोड़ा, परिजनों ने उल्टी कराने गोबर पानी पिलाया; इलाज के दौरान मौत छत्तीसगढ़ के कोरबा जिले में मोबाइल पर रील और सीरियल देखने की लत ने एक महिला की जान ले ली। 52 साल की मंगलो बाई ने रील देखते समय नेटवर्क चले जाने से गुस्से में कीटनाशक पी लिया। इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। पढ़ें पूरी खबर…
ग्वालियर में फोन बना बम:डॉक्टर को दिखाने पहुंचे मरीज का मोबाइल फटा, अफरा-तफरी मची, बड़ा हादसा टला
थाटीपुर चौहान प्याऊ के पास संचालित दृष्टि क्लीनिक पर रविवार को दोपहर 12 बजे उस समय अफरा-तफरी मच गई जब एक मरीज का मोबाइल अचानक फट गया। ब्लास्ट होते ही फोन में आग की लपटें उठने लगीं, जिससे पूरे क्लीनिक परिसर में धुआं और अफरा-तफरी मच गई। गनीमत रही कि इस हादसे में मरीज या आसपास मौजूद किसी अन्य व्यक्ति को चोट नहीं आई। मोबाइल फटते और उसमें आग लगते ही वहां क्लीनिक पर बैठे मरीज बाहर निकल आए। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, दोपहर करीब 12 बजे मरीज डॉ. आशुतोष शर्मा परामर्श लेने के लिए वेटिंग एरिया में बैठा हुआ था। इसी दौरान उसके मोबाइल में अचानक ब्लास्ट हुआ और आग लग गई। धमाके की आवाज और आग की लपटें देखते ही वहां अपनी बारी का इंतजार कर रहे अन्य मरीज और उनके परिजन दहशत में आ गए और जान बचाने के लिए तुरंत बाहर की ओर दौड़े। घटना के तुरंत बाद क्लीनिक स्टाफ ने तत्परता दिखाई। अफरा-तफरी के बीच कर्मचारियों ने बिना वक्त गंवाए तुरंत पानी डालकर जलते हुए मोबाइल की आग पर काबू पा लिया। स्टाफ की सूझबूझ और त्वरित कार्रवाई के चलते आग आसपास के फर्नीचर या अन्य उपकरणों में नहीं फैली, जिससे एक बड़ा हादसा होने से टल गया।
Raebareli News: हरियाणा पुलिस ने चोरी के मोबाइल के लिए मारा छापा, पांच को पकड़ा
हरियाणा पुलिस ने चोरी के मोबाइल के लिए मारा छापा, पांच को पकड़ा
Mahoba News: मोबाइल रिपेयरिंग दुकान में लगी आग, लाखों का नुकसान
कस्बे के मुख्य बाजार स्थित मोबाइल रिपेयरिंग दुकान बंद करने के महज पांच मिनट बाद भीषण आग लग गई।
Maharajganj News: शादी की जिद में पांच घंटे मोबाइल टावर पर रही युवती, मिला भरोसा तो उतरी नीचे
नौतनवा थाना क्षेत्र का मामला, परिजन, ग्रामीण और पुलिस के समझाने पर भी नहीं मानी। प्रेमी के आश्वासन के बाद उतरी नीचे, प्रेमी के साथ उसके घर गई युवती।
मां ने डेढ़ महीने पहले मोबाइल से हटाया था फ्री फायर, हमले से दो दिन पहले फिर डाउनलोड किया गेम
Kushinagar News: जर्जर सड़क से परेशान युवक मोबाइल टावर पर चढ़ा, पांच घंटे बाद उतरा
Frustrated by a dilapidated road, a man climbed a mobile tower; he came down after five hours.
भोपाल के शाहपुरा थाना क्षेत्र में बाइक सवार दो बदमाश एक पत्रकार के हाथ से डेढ़ लाख रुपए कीमत का मोबाइल फोन झपटकर फरार हो गए। वारदात रविवार शाम उस समय हुई, जब पत्रकार घर के पास टहलने के बाद लौट रहे थे। घटना के बाद उन्होंने शाहपुरा थाने पहुंचकर शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने अज्ञात आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर उनकी तलाश शुरू कर दी है। पुलिस के मुताबिक, न्यूज एजेंसी में सेवाएं दे रहे पत्रकार संदीप सिंह शाहपुरा क्षेत्र में रहते हैं। रविवार शाम वह घर के पास टहल रहे थे। मुख्य सड़क से घर की ओर जाते समय उनके मोबाइल पर कॉल आया। वह फोन पर बात करते हुए आगे बढ़ रहे थे। इसी दौरान पीछे से बाइक पर आए दो बदमाशों में से पीछे बैठे युवक ने उनके हाथ से मोबाइल झपट लिया। संदीप सिंह कुछ समझ पाते, इससे पहले ही दोनों तेज रफ्तार से बाइक लेकर फरार हो गए। सीसीटीवी में दिखे बाइक सवार बदमाश सूचना मिलने पर पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण किया और आसपास के सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगाले। एक कैमरे में दोनों बदमाश वारदात करते नजर आए हैं। हालांकि कैमरा दूर होने के कारण उनके चेहरे और बाइक का नंबर स्पष्ट नहीं हो सका। पुलिस अब मुख्य सड़क और आसपास के रास्तों पर लगे अन्य कैमरों के फुटेज की मदद से आरोपियों की पहचान और भागने के रास्ते का पता लगा रही है।
समस्तीपुर में अगस्त महीने में मोबाइल लूट हुई थी। मामले में पुलिस ने 2 लोगों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने उनके पास से लूटा गया मोबाइल और वारदात में इस्तेमाल बाइक बरामद की है। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान उजियारपुर थाना क्षेत्र के सातनपुर निवासी रमेश साह के बेटे आदर्श कुमार और सैदपुर जाहिद निवासी मंगल सहनी के बेटे बसंत कुमार के रूप में हुई है। एसडीपीओ वन सुमित सुमन ने बताया कि बरबट्टा गांव निवासी मानस कुमार से मुसरीघरारी के आसपास मोबाइल लूटा गया था। इसके बाद मानस कुमार ने मुसरीघरारी थाने में अज्ञात लुटेरों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराई थी। पुलिस ने दो संदिग्धों को हिरासत में लिया गया। पूछताछ और जांच में उनकी संलिप्तता सामने आने के बाद उन्हें गिरफ्तार किया गया। पुलिस ने मानस कुमार का मोबाइल भी बरामद किया है। मामला मुसरीघरारी थाना क्षेत्र का है। पुलिस ने लूट में इस्तेमाल बाइक भी की जब्त पुलिस ने घटना में इस्तेमाल की गई एक बाइक भी जब्त की है। बाइक की बरामदगी के बाद पुलिस अब इस बात की भी जांच कर रही है कि आरोपितों ने मोबाइल लूट की घटना को किस तरह अंजाम दिया था और क्या वे इस तरह की अन्य वारदातों में भी शामिल रहे हैं।मामले में आगे की जांच की जा रही है। पुलिस गिरफ्तार दोनों आरोपितों के आपराधिक इतिहास का भी पता लगा सकती है, ताकि यह स्पष्ट हो सके कि वे पहले भी किसी आपराधिक घटना में शामिल रहे हैं या नहीं। जेल भेजने की कार्रवाई की जा रही है फिलहाल, पुलिस ने दोनों आरोपितों के विरुद्ध आवश्यक कागजी और कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है। प्रक्रिया पूरी होने के बाद दोनों को न्यायिक हिरासत में जेल भेजने की कार्रवाई की जा रही है। मोबाइल लूट की घटना के खुलासे और लूटी गई मोबाइल की बरामदगी से पीड़ित को राहत मिली है।
बांसवाड़ा जिले में पंचायती राज चुनाव के तीसरे चरण को लेकर पुलिस ने तैयारी पूरी कर ली हैं। रविवार को जिला पुलिस लाइन में एसपी सुधीर जोशी की अध्यक्षता में चुनाव ड्यूटी में तैनात अधिकारियों और कर्मचारियों की एक महत्वपूर्ण ब्रीफिंग की गई। एसपी ने बताया कि तीसरे चरण के तहत जिले की 4 पंचायत समितियों बागीदौरा, गांगड़तलाई, आनंदपुरी एवं नाहरपुरा की कुल 133 ग्राम पंचायतों के 314 मतदान केंद्रों पर मतदान प्रक्रिया होगी। इस दौरान कानून व्यवस्था बनाए रखने और सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम सुनिश्चित करने के लिए 16 पुलिस सुपरवाइजरी अधिकारी और 44 मोबाइल पार्टियों को मैदान में उतारा गया है। ब्रीफिंग के दौरान एसपी ने सभी पुलिस अधिकारियों और कर्मियों को सख्त निर्देश दिए कि वे राज्य निर्वाचन आयोग के दिशा-निर्देशों और आचार संहिता की पालना सुनिश्चित करें। 200 मीटर तक इकट्ठा नहीं हो सकेगी भीड़उन्होंने कहा कि प्रत्येक अधिकारी अपने निर्धारित क्षेत्राधिकार और ड्यूटी स्थल पर पूरी जानकारी के साथ उपस्थित रहकर स्वतंत्र और निष्पक्ष मतदान सुनिश्चित करेगा। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक, वृतकारी, थानाधिकारी और मोबाइल पार्टी प्रभारी संबंधित रिटर्निंग अधिकारियों, प्रशासनिक अधिकारियों और जोनल व एरिया मजिस्ट्रेट के साथ मिलकर योजनाबद्ध तरीके से काम करेंगे। उन्होंने बताया कि वोटिंग के दौरान मतदान केंद्रों के 200 मीटर के दायरे में अनावश्यक भीड़ एकत्र नहीं होने दी जाएगी। राजनीतिक दलों के कैंप निर्धारित सीमा के बाहर ही स्थापित कराए जाएंगे। संवेदनशील क्षेत्रों और असामाजिक तत्वों पर कड़ी नजर रखी जाएगी और कानून व्यवस्था प्रभावित होने की स्थिति में रिजर्व पुलिस बल का तुरंत उपयोग कर स्थिति पर नियंत्रण पाया जाएगा। जिला पुलिस ने आम नागरिकों से अपील की है कि वे किसी भी प्रकार की भ्रामक सूचना, अफवाह, प्रलोभन या दबाव में न आएं. भयमुक्त होकर अपने मताधिकार का प्रयोग करें और कानून व्यवस्था बनाए रखने में प्रशासन का सहयोग करें।
खन्ना की मीट मार्केट के पास झाड़ियों में मिले 20 वर्षीय सचिन कुमार के शव के मामले में पुलिस ने बड़ा खुलासा किया है। शुरुआती दौर में नशीला टीका लगाने से हुई मौत का मामला दिख रही यह घटना असल में एक दर्दनाक हत्या की वारदात निकली। पुलिस के अनुसार, सचिन के दोस्त हरमन सिंह उर्फ हैरी ने मोबाइल छीनने की नीयत से उसके सिर पर ईंट मारकर उसकी हत्या कर दी थी। पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए आरोपी को महज कुछ ही घंटों के भीतर गिरफ्तार कर लिया है। डीएसपी विनोद कुमार ने बताया कि मूल रूप से बिहार के खगड़िया (थाना अलोली) के बिखारी घाट निवासी और हाल निवासी दिलीप सिंह नगर (खन्ना), अमृत पासवान ने पुलिस को अपने बयान दर्ज कराए। उन्होंने बताया कि उनका 20 वर्षीय बेटा सचिन कुमार 30 अक्टूबर को शाम करीब 7 बजे मोबाइल की किस्त भरने के लिए बुक्स मार्केट गया था। उसके साथ मोहल्ला हड्डा रोड़ी (गली नंबर 2) का रहने वाला उसका दोस्त हरमन सिंह उर्फ हैरी भी था। पुलिस को पहले दी गई शिकायत के अनुसार, किस्त जमा करने के बाद हरमन सचिन को मीट मार्केट के पास टोहबे की झाड़ियों में ले गया और उसे नशीला टीका लगा दिया। जब सचिन रात भर घर नहीं लौटा, तो परिजनों ने उसकी तलाश शुरू की। 31 अक्टूबर को परिजनों को सूचना मिली कि सचिन का शव मीट मार्केट की झाड़ियों में पड़ा है। शुरुआत में परिवार को आशंका थी कि उसकी मौत नशीले टीके की वजह से हुई है। पोस्टमार्टम और जांच में खुला हत्या का राज घटना के संबंध में 1 नवंबर 2026 को थाना सिटी-2 खन्ना में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 105 के तहत केस दर्ज किया था। इसके बाद पुलिस ने शव का सिविल अस्पताल खन्ना में पोस्टमार्टम करवाया। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में चोट लगने से मौत की बात सामने आई। पुलिस जांच में सामने आया कि मौके पर हरमन और सचिन के बीच कहासुनी हुई थी। इसके बाद हरमन ने सचिन के सिर पर ईंट से वार कर दिया, जिससे उसकी मौत हो गई। हत्या के बाद आरोपी उसका मोबाइल फोन छीनकर फरार हो गया था। पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद पुलिस ने लगाई हत्या की धारा हत्या की पुष्टि होते ही पुलिस ने मामले में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 105 को हटाकर धारा 103 (हत्या) जोड़ दी है। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी हरमन सिंह उर्फ हैरी को गिरफ्तार कर लिया है और मामले की आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।
हरियाणा सरकार सभी सरकारी अस्पतालों और स्वास्थ्य केंद्रों को डिजिटल मैप से जोड़ रही है, जिससे नागरिक आसानी से आसपास की स्वास्थ्य सुविधाओं का पता लगा सकेंगे।
हरदा में रविवार शाम राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) के करीब 200 बाल स्वयंसेवकों ने पथ संचलन किया। संघ की गणवेश पहने बच्चों ने घोष की धुन पर कदमताल की। रास्ते में लोग उन्हें देखने के लिए रुके। पथ संचलन नया बस स्टैंड के पास स्थित एक निजी स्कूल से शुरू हुआ। यह एलआईसी ऑफिस, अंबेडकर चौक और अस्पताल चौक से होते हुए उसी स्कूल में खत्म हुआ। बच्चों के पालक भी उनके साथ शामिल हुए। स्वयंसेवकों ने भारत माता के जयकारे लगाए। देशभक्ति की भावना जगाना उद्देश्य पथ संचलन में 8 से 18 साल तक के बच्चे शामिल हुए। इसका उद्देश्य बच्चों को मोबाइल से दूर रखना और उनमें देशभक्ति की भावना जगाना था। ढोल-नगाड़ों के साथ उद्घोष करती बच्चों की टोली भी संचलन में शामिल थी। नगर के कई स्थानों पर राजनीतिक, धार्मिक और सामाजिक संगठनों के सदस्यों ने पुष्पवर्षा कर संचलन का स्वागत किया। स्वयंसेवक नगर के प्रमुख रास्तों, गलियों और मोहल्लों से गुजरे।
हनुमानगढ़ में पंचायतीराज संस्थाओं के आम चुनाव-2026 के तीसरे चरण में शांतिपूर्ण, स्वतंत्र एवं निष्पक्ष मतदान करवाने के लिए जिला प्रशासन और पुलिस ने सुरक्षा का व्यापक बंदोबस्त किया है। जिले की छह पंचायत समितियों भादरा, नोहर, राजपुरा (8 बीएचडी), हनुमानगढ़ जंक्शन, पल्लू एवं पीलीबंगा के 753 मतदान केंद्रों पर 3,390 पुलिस एवं होमगार्ड जवान तैनात रहेंगे। इसके अलावा 205 ग्राम पंचायत मुख्यालयों और 70 संवेदनशील एवं अति संवेदनशील मतदान लोकेशन पर अतिरिक्त पुलिस जाब्ता लगाया जाएगा। कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए 72 मोबाइल पार्टियां लगातार गश्त करेंगी, जबकि हरियाणा सीमा पर अवैध शराब और मादक पदार्थों की तस्करी रोकने के लिए 10 स्थायी नाके 24 घंटे सक्रिय रहेंगे। तीसरे चरण में 3 नवंबर को जिला परिषद एवं पंचायत समिति सदस्यों तथा 5 नवंबर को सरपंच एवं पंच पदों के लिए मतदान होगा। पुलिस और होमगार्ड के 3,390 जवान संभालेंगे मोर्चा पुलिस मुख्यालय के अनुसार चुनाव सुरक्षा में कुल 2,637 पुलिसकर्मी और 753 होमगार्ड स्वयंसेवक तैनात किए जाएंगे। पुलिस बल में जिला पुलिस के 958, जोधपुर ग्रामीण के 290, जोधपुर कम्युनिकेशन के 200, पीटीएस/पीएमडीएस बीकानेर के 70, पीटीएस/आरपीटीसी जोधपुर के 130, फलोदी के 150, जैसलमेर के 475, सीआईडी आईबी जयपुर के 125, आरएसी की तृतीय बटालियन के 75, जिला आरएसी की तृतीय बटालियन की ई कंपनी के 75 तथा एसडीआरएफ जयपुर के 60 जवान शामिल हैं। जिले के सभी 753 मतदान केंद्रों पर दो-दो सुरक्षाकर्मी यानी कुल 1,506 जवान तैनात रहेंगे। इसके अतिरिक्त 205 ग्राम पंचायत मुख्यालयों पर प्रत्येक स्थान पर एक उप निरीक्षक, सहायक उप निरीक्षक अथवा हेड कांस्टेबल के साथ तीन कांस्टेबल लगाए जाएंगे। इस व्यवस्था के तहत इन स्थानों पर 820 पुलिसकर्मी अतिरिक्त सुरक्षा संभालेंगे। 70 संवेदनशील लोकेशन पर 280 पुलिसकर्मियों का पहरा संवेदनशील एवं अति संवेदनशील मतदान केंद्रों की 70 लोकेशन पर विशेष निगरानी रखी जाएगी। इसके लिए 70 टीमों के माध्यम से 280 पुलिसकर्मी तैनात किए गए हैं। मतदान प्रक्रिया के दौरान इन क्षेत्रों में अतिरिक्त सतर्कता बरती जाएगी, ताकि किसी भी तरह की गड़बड़ी या अप्रिय स्थिति को समय रहते नियंत्रित किया जा सके। 72 मोबाइल पार्टियां करेंगी लगातार गश्त चुनाव के दौरान कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए 72 पुलिस मोबाइल पार्टियों का गठन किया गया है। प्रत्येक पार्टी में एक उप निरीक्षक अथवा सहायक उप निरीक्षक प्रभारी सहित चार पुलिसकर्मी रहेंगे। इस प्रकार मोबाइल पार्टियों में कुल 288 पुलिसकर्मी तैनात होंगे। इनके साथ समन्वय के लिए 72 जोनल मजिस्ट्रेट नियुक्त किए गए हैं। इसके अलावा छह वरिष्ठ पुलिस पर्यवेक्षक और 18 पुलिस पर्यवेक्षक सहित कुल 24 पुलिस पर्यवेक्षी अधिकारी चुनाव व्यवस्था की निगरानी करेंगे। इनके साथ 104 पुलिसकर्मी भी लगाए गए हैं। पंचायत समिति एवं थाना स्तर पर रिजर्व जाब्ता उपलब्ध रहेगा। जिला रिजर्व के 70 जवान, अंतरराज्यीय नाकाबंदी के लिए 40 पुलिसकर्मी, वायरलेस ऑपरेटर और ईवीएम सुरक्षा में तैनात जवान भी व्यवस्था का हिस्सा होंगे। हरियाणा सीमा पर 10 स्थायी नाके, 24 घंटे निगरानी चुनाव के दौरान अवैध शराब एवं मादक पदार्थों की तस्करी रोकने के लिए हरियाणा सीमा पर 10 सशस्त्र स्थायी नाके स्थापित किए गए हैं। ये नाके 2 से 5 नवंबर तक लगातार 24 घंटे संचालित रहेंगे। यहां से गुजरने वाले संदिग्ध वाहनों एवं व्यक्तियों की जांच की जाएगी और आवश्यक रिकॉर्ड संधारित किया जाएगा। इसके अतिरिक्त नोहर, भादरा, राजपुरा (8 बीएचडी), हनुमानगढ़ जंक्शन, पीलीबंगा एवं पल्लू क्षेत्रों में संबंधित पुलिस थानों के स्तर पर रिजर्व जाब्ता भी तैनात रहेगा। 38 एरिया मजिस्ट्रेट को सौंपी जिम्मेदारी जिला निर्वाचन अधिकारी एवं जिला मजिस्ट्रेट डॉ. खुशाल यादव ने मतदान एवं मतगणना के दौरान कानून एवं शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए तीसरे और चौथे चरण के लिए कुल 38 एरिया मजिस्ट्रेट नियुक्त किए हैं। इनमें तीसरे चरण के लिए 24 और चौथे चरण के लिए 14 अधिकारियों को जिम्मेदारी दी गई है। ये अधिकारी अपने आवंटित क्षेत्रों में सेक्टर मजिस्ट्रेट के कार्यों का पर्यवेक्षण करने के साथ पुलिस अधिकारियों से समन्वय स्थापित कर सुरक्षा एवं कानून व्यवस्था सुनिश्चित करेंगे। तीसरे चरण में भादरा पंचायत समिति के डाबड़ी, नेठराना एवं गांधीबड़ी क्षेत्रों में एरिया मजिस्ट्रेट नियुक्त किए गए हैं। नोहर में देईदास, फेफाना, रामगढ़, सोनड़ी, खुइयां एवं ललाना उतरादा, हनुमानगढ़ जंक्शन में बनवाला, मक्कासर, जोड़कीयां एवं डबली बास मौलवी, पल्लू में पल्लू, बरमसर एवं झेदासर तथा पीलीबंगा में पीलीबंगा, खोथांवाली, लखासर, रामपुरा एवं जाखड़ांवाली क्षेत्र शामिल हैं। राजपुरा (8 बीएचडी) पंचायत समिति के गेऊ, डूंगराना एवं अजीतपुरा क्षेत्रों में भी एरिया मजिस्ट्रेट नियुक्त किए गए हैं। चौथे चरण के लिए हनुमानगढ़ टाउन पंचायत समिति के रामसरा नारायण, किशनपुरा दिखनादा एवं लखूवाली, रावतसर के 99 आरडी, 4 डीब्ल्यूएम, थालड़का एवं 34 आरडब्ल्यूडी, संगरिया के चक हीरासिंह वाला, दीनगढ़ एवं मानकसर तथा टिब्बी के बशीर, पीरकामड़िया, सिलवाला खुर्द एवं 12 डीबीएल क्षेत्रों में एरिया मजिस्ट्रेट नियुक्त किए गए हैं। इसके अतिरिक्त नोहर उपखंड क्षेत्र के लिए राजस्व अपील अधिकारी परसराम मीणा को ओवरऑल एरिया मजिस्ट्रेट नियुक्त किया गया है। राजपुरा (8 बीएचडी) क्षेत्र में सरपंच मतदान एवं मतगणना के पर्यवेक्षण की जिम्मेदारी संगरिया उपखंड अधिकारी जय कौशिक, पीलीबंगा क्षेत्र की टिब्बी उपखंड अधिकारी बाबूलाल तथा पल्लू क्षेत्र की रावतसर उपखंड अधिकारी शुभम शर्मा को सौंपी गई है। फील्ड अटैचमेंट के तहत पीलीबंगा में प्रशिक्षु आरएएस दीक्षा लोहिया एवं रविंद्र सिंह तथा भादरा में प्रशिक्षु नायब तहसीलदार भूपेंद्र कुमार को नियुक्त किया गया है। 2 नवंबर को रवाना होंगे मतदान दल तीसरे चरण के मतदान के लिए मतदान दलों की रवानगी 2 नवंबर को डीएवी कॉन्वेंट स्कूल, हनुमानगढ़ जंक्शन के खेल मैदान से होगी। नोहर, पल्लू, भादरा एवं अन्य संबंधित क्षेत्रों के मतदान दल सुबह 10:30 बजे रवाना होंगे, जबकि हनुमानगढ़ जंक्शन, राजपुरा (8 बीएचडी) और पीलीबंगा के मतदान दल दोपहर 12 बजे रवाना किए जाएंगे। ईवीएम की सुरक्षा के भी पुख्ता इंतजाम जिला परिषद एवं पंचायत समिति सदस्यों के चुनाव ईवीएम से होंगे, जबकि सरपंच एवं वार्ड पंच के चुनाव मतपत्रों से करवाए जाएंगे। मतदान समाप्ति के बाद ईवीएम को पुलिस सुरक्षा और मोबाइल पार्टियों की निगरानी में निर्धारित संग्रहण केंद्रों तक पहुंचाया जाएगा। इसके बाद ईवीएम राजकीय पॉलिटेक्निक कॉलेज, हनुमानगढ़ जंक्शन में जमा करवाई जाएगी। पुलिस अधीक्षक कार्यालय में कंट्रोल रूम स्थापित चुनाव संबंधी सूचनाओं के त्वरित आदान-प्रदान और आपात स्थितियों से निपटने के लिए पुलिस अधीक्षक कार्यालय में चुनाव कंट्रोल रूम स्थापित किया गया है। इसका दूरभाष नंबर 01552-261104 है। इसके अलावा जिला पुलिस कंट्रोल रूम के नंबर 100 और 01552-261105 पर भी संपर्क किया जा सकता है। पुलिस प्रशासन ने चुनाव ड्यूटी में तैनात अधिकारियों एवं जवानों को पूरी सतर्कता, निष्पक्षता और आपसी समन्वय के साथ जिम्मेदारी निभाने के निर्देश दिए हैं। प्रशासन का उद्देश्य मतदान केंद्रों से लेकर संवेदनशील क्षेत्रों तक सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम करना है, ताकि मतदाता निर्भीक होकर अपने मताधिकार का प्रयोग कर सकें।
भागलपुर रेलवे स्टेशन पर मोबाइल छीनने की कोशिश के बाद बदमाशों ने फायरिंग और चाकूबाजी की, जिसमें दो भाई गंभीर रूप से घायल हो गए।
सिंगरौली के मोरवा थाना क्षेत्र में सीईटीआई कॉलोनी के पास रेलवे फाटक से 20 से 25 मीटर दूर शनिवार देर शाम मिले युवक के शव की पहचान रविवार को हुई। मृतक की पहचान रजत प्रताप सिंह के रूप में हुई है। वे शिव कुमार के बेटे और उत्तर प्रदेश के कानपुर क्षेत्र के निवासी थे। रजत एनसीएल की झिंगुरदह परियोजना के ई एंड एम (EM) विभाग में असिस्टेंट मैनेजर थे। वे परियोजना क्षेत्र में ही रहते थे। पुलिस के मुताबिक, घटनास्थल के पास मिले एनसीएल पहचान पत्र से उनकी पहचान हुई। घटनास्थल से मोबाइल फोन गायब पुलिस जांच कर रही है कि रजत झिंगुरदह से मोरवा कैसे पहुंचे और घटना से पहले किन परिस्थितियों में थे। घटनास्थल से उनका मोबाइल फोन नहीं मिला है। मोरवा थाना प्रभारी डॉ. ज्ञानेंद्र सिंह ने बताया कि मोबाइल फोन की तलाश की जा रही है। पुलिस कॉल डिटेल रिकॉर्ड (CDR) के जरिए यह पता लगाने की कोशिश करेगी कि घटना से पहले रजत ने किन लोगों से बात की थी और उनकी आखिरी गतिविधियां क्या थीं। परिजनों के आने के बाद होगा पोस्टमार्टम सूचना मिलने के बाद परिजन सिंगरौली के लिए रवाना हो गए हैं। उनके पहुंचने के बाद शव का पोस्टमार्टम कराया जाएगा। घटना में आत्महत्या की आशंका जताई जा रही है, लेकिन पुलिस ने इसकी पुष्टि नहीं की है। पुलिस सभी पहलुओं से जांच कर रही है। मौत का कारण पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच के बाद स्पष्ट होगा।
शिवपुरी जिले के खनियांधाना क्षेत्र के बामोरकलां गांव में एक रिटायर्ड शिक्षक साइबर ठगी का शिकार हो गए। ठगों ने उन्हें व्हाट्सएप पर APK फाइल भेजी। इसे डाउनलोड करते ही उनका मोबाइल हैक हो गया और बैंक खाते से 3 लाख 40 हजार रुपए निकाल लिए गए। पीड़ित कैलाश नारायण सोनी का आरोप है कि उन्होंने 8 अक्टूबर को बामोरकलां थाने में लिखित शिकायत दी थी, लेकिन पुलिस ने 27 अक्टूबर को FIR दर्ज की। उनका कहना है कि शिकायत के बाद समय पर कार्रवाई नहीं हुई। APK फाइल डाउनलोड करते ही बैंक खाते से निकले रुपए जानकारी के मुताबिक, कैलाश नारायण सोनी के व्हाट्सएप पर एक लिंक के साथ APK फाइल भेजी गई थी। उन्होंने फाइल डाउनलोड की तो ठगों ने उनके मोबाइल तक पहुंच बना ली। इसके बाद मोबाइल में मौजूद बैंकिंग ऐप के जरिए खाते से रुपए निकाल लिए गए। बैंक से लगातार पैसे कटने के मैसेज आने पर उन्हें ठगी का पता चला। ATM कार्ड, पासवर्ड और OTP भी नहीं पूछा कैलाश नारायण सोनी के मुताबिक, ठगों ने न तो उनका ATM कार्ड देखा और न ही बैंक का पासवर्ड या OTP पूछा। उनका कहना है कि सिर्फ APK फाइल डाउनलोड कराने के बाद ठगों ने मोबाइल और बैंकिंग ऐप तक पहुंच बना ली। रकम वापस पाने के लिए लगा रहे चक्कर पीड़ित और उनका परिवार ठगी की रकम वापस पाने और आरोपियों पर कार्रवाई के लिए बैंक, खनियांधाना थाने और जिला साइबर सेल के चक्कर लगा रहा है। उन्होंने रकम वापस दिलाने और मामले में जल्द कार्रवाई की मांग की है। अनजान APK फाइल डाउनलोड करने से बचें अनजान नंबर से व्हाट्सएप पर आई APK फाइल या लिंक डाउनलोड करने से बचें। ऐसी फाइलों के जरिए ठग मोबाइल में मौजूद निजी जानकारी और बैंकिंग ऐप तक अनधिकृत पहुंच बना सकते हैं। किसी भी अनजान फाइल को डाउनलोड करने से पहले उसकी जांच जरूर करें।
पलामू के विश्रामपुर थाना क्षेत्र में पुलिस ने गोवंशीय पशुओं की कथित तस्करी के मामले में एक युवक को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने बोलेरो पिकअप से ले जाए जा रहे 10 गोवंशीय पशुओं को जब्त किया है। इसके साथ ही तस्करी में इस्तेमाल सफेद रंग की बोलेरो पिकअप (BR44GA5566) और एक मोबाइल फोन भी जब्त किया गया है। पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर विश्रामपुर थाना पुलिस ने रविवार को यह कार्रवाई की। पुलिस के अनुसार, पिकअप से गोवंशीय पशुओं को अवैध रूप से ले जाने की सूचना मिली थी। इसके बाद पुलिस ने वाहन को रोककर जांच की। तलाशी के दौरान पिकअप में 10 गोवंशीय पशु मिले। पुलिस ने तत्काल वाहन चालक को हिरासत में ले लिया। गिरफ्तार युवक की पहचान बिहार के रोहतास जिले के काराकाट थाना क्षेत्र के रघुनाथपुर गांव निवासी गुड्डू कुमार (24) के रूप में हुई है। गोवंशीय पशु हत्या प्रतिषेध अधिनियम के तहत केस दर्ज पुलिस ने आरोपी के खिलाफ झारखंड गोवंशीय पशु हत्या प्रतिषेध अधिनियम और पशुओं के प्रति क्रूरता निवारण अधिनियम की संबंधित धाराओं के तहत विश्रामपुर थाने में प्राथमिकी दर्ज की है। कार्रवाई के दौरान 10 गोवंशीय पशुओं को भी जब्त किया गया। पुलिस अब इस बात की जांच कर रही है कि पशुओं को कहां से लाया गया था और उन्हें किस स्थान पर ले जाया जा रहा था। साथ ही इस कथित तस्करी में अन्य लोगों की संलिप्तता की भी पड़ताल की जा रही है। पुलिस आरोपी से पूछताछ कर पूरे नेटवर्क का पता लगाने में जुटी है। जब्त मोबाइल फोन की भी जांच की जाएगी, ताकि पशुओं के परिवहन से जुड़े संपर्कों और अन्य जानकारियों का पता लगाया जा सके। छापेमारी दल में पुलिस अधिकारी और जवान शामिल पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर की गई इस कार्रवाई में प्रशिक्षु पुलिस उपाधीक्षक मृत्युंजय गोप के नेतृत्व में छापेमारी दल का गठन किया गया था। टीम में विश्रामपुर थाना प्रभारी ऋषिकेश कुमार दुबे, सहायक अवर निरीक्षक नरसिंह उरांव और थाने के सशस्त्र बल के जवान शामिल थे। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार करने के साथ वाहन और मोबाइल फोन जब्त कर लिया है। मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है। पुलिस का कहना है कि गोवंशीय पशुओं के अवैध परिवहन और तस्करी में शामिल अन्य लोगों की पहचान करने के लिए जांच जारी है।
पलामू जिले के ऊंटारी रोड थाना क्षेत्र में नाबालिग से सामूहिक दुष्कर्म का मामला सामने आया है। इस मामले में पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। तीनों पर टेम्पो से यात्रा के दौरान नाबालिग के साथ छेड़छाड़ और सामूहिक दुष्कर्म करने का आरोप है। पुलिस ने घटना में इस्तेमाल किए गए दो टोटो टेम्पो और तीन मोबाइल फोन भी जब्त किए हैं। पुलिस अधीक्षक कपिल चौधरी ने बताया कि पीड़िता हुसैनाबाद थाना क्षेत्र की रहने वाली है। वह 29 अक्टूबर को किसी काम से टोटो टेम्पो पर सवार होकर ऊंटारी रोड थाना क्षेत्र के लकडाही गांव आई थी। काम पूरा होने के बाद वह वापस हुसैनाबाद लौट रही थी। इसी दौरान जिस टोटो से वह गांव आई थी, वह रास्ते में खराब हो गया। इसके बाद किशोरी ने दूसरा टेम्पो बुक किया और उससे वापस घर जाने लगी। रास्ते में चालक समेत तीन युवकों पर वारदात का आरोप पुलिस के अनुसार, दूसरे टेम्पो से सफर के दौरान चालक समेत तीन युवकों ने नाबालिग के साथ छेड़छाड़ की और सामूहिक दुष्कर्म किया। घटना के बाद पीड़िता के बयान पर 31 अक्टूबर को प्राथमिकी दर्ज की गई। मामला दर्ज होने के बाद पुलिस ने आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए कार्रवाई शुरू की और तीनों को गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान ऊंटारी रोड थाना क्षेत्र के भदुमा गांव निवासी सुबोध दीक्षित (38), मुकेश दीक्षित (26) और अभय दीक्षित (20) के रूप में हुई है। सुबोध दीक्षित के पिता का नाम राजेश्वर दीक्षित, मुकेश दीक्षित के पिता का नाम स्वर्गीय बाबूलाल दीक्षित और अभय दीक्षित के पिता का नाम संजय दीक्षित है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से घटना से संबंधित दो टोटो टेम्पो और तीन मोबाइल फोन जब्त किए हैं। पुलिस अब मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई कर रही है। एसपी ने सख्त सजा दिलाने का दिया निर्देश पुलिस अधीक्षक कपिल चौधरी ने कहा कि मामला नाबालिग से जुड़ा होने के कारण पुलिस इसे गंभीरता से ले रही है। उन्होंने आरोपियों को सख्त कानूनी सजा दिलाने के लिए विश्रामपुर के अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी चिरंजीव मंडल को विशेष दिशा-निर्देश दिए हैं। मामले की जांच और कार्रवाई में किसी तरह की लापरवाही नहीं बरतने को कहा गया है। इस कार्रवाई के लिए गठित पुलिस टीम में विश्रामपुर के अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी चिरंजीव मंडल, पांडू अंचल के पुलिस निरीक्षक सोनू कुमार चौधरी, ऊंटारी रोड थाना प्रभारी संतोष गिरी और उनकी टीम शामिल थी। पुलिस की कार्रवाई के बाद तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है। मामले में जब्त वाहनों और मोबाइल फोन को भी जांच का हिस्सा बनाया गया है। पुलिस का कहना है कि नाबालिग से जुड़े इस गंभीर मामले में आरोपियों के खिलाफ कानूनी प्रक्रिया के तहत आगे की कार्रवाई की जाएगी।
अलवर पुलिस ने रविवार को दबिश देकर रेप के आरोपी को गिरफ्तार किया। आरोपी को कोर्ट में पेश कर जेल भेज दिया गया है। पुलिस ने 20 दिन से फरार चल रहे आरोपी के मोबाइल की लोकेशन को ट्रेस किया। फिर आरोपी को दबोच लिया। जयपुर ले जाकर अलग-अलग जगहों पर किया रेप कोतवाली थाना प्रभारी दिनेश मीणा ने बताया कि करीब 20 दिन पहले पीड़िता ने थाने में मामला दर्ज कराया था, कि आरोपी शंकरलाल उसे बहला-फुसलाकर जयपुर ले गया, जहां उसके साथ दुष्कर्म किया। उसे कई स्थानों पर भी ले गया और वहां भी लगातार रेप किया। उन्होंने बताया कि शिकायत मिलने के बाद कोतवाली थाना पुलिस ने मामला दर्ज कर उसकी तलाश शुरू की। पुलिस टीम ने तकनीकी सहायता लेते हुए मोबाइल लोकेशन ट्रेस की और फरार आरोपी शंकरलाल को धर दबोचा। आरोपी को कोर्ट में किया पेश, भेजा जेल दिनेश मीणा ने बताया कि आरोपी से पूछताछ की जा रही है और मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई जारी है। पुलिस ने आरोपी को कोर्ट में पेश किया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया है।
अमलाई पुलिस ने रविवार को ग्राम विधिया में जमुना नाला पुल के पास गांजे की सप्लाई के आरोप में दो लोगों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने उनके पास से 1 किलो 430 ग्राम गांजा और मोबाइल फोन जब्त किया है। जब्त सामान की कुल कीमत 22 हजार 300 रुपए बताई गई है। पुलिस के मुताबिक, अमलाई थाना क्षेत्र के ग्राम विधिया में जमुना नाला पुल के पास गांजा लेकर आने-जाने की सूचना मिली थी। इस पर पुलिस टीम ने मौके पर घेराबंदी कर बृजेन्द्र सिंह (57), निवासी ग्राम विधिया को पकड़ा। तलाशी में उसके पास से 1 किलो 430 ग्राम गांजा मिला। इसकी कीमत करीब 14 हजार 300 रुपए बताई गई है। पुलिस ने मोबाइल फोन भी जब्त किया। पूछताछ में दूसरे आरोपी का नाम आया सामने पुलिस के अनुसार, पूछताछ में गांजे की सप्लाई से जुड़े दूसरे व्यक्ति का नाम सामने आया। इसके बाद पुलिस ने घनश्याम महरा (34), निवासी बकही, जिला अनूपपुर को गिरफ्तार किया। पुलिस ने दोनों आरोपियों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज किया है। अब पुलिस यह पता लगा रही है कि गांजा कहां से लाया गया था और इसकी सप्लाई किन लोगों तक की जानी थी।
रायपुर के एप्पल स्टोर में चोरी:शटर तोड़कर 70 मोबाइल ले गए चोर, आरोपियों की तलाश जारी
रायपुर के तेलीबांधा थाना क्षेत्र स्थित एप्पल स्टोर में दुकान का शटर तोड़कर करीब 70 मोबाइल चोरी कर लिए गए। रविवार सुबह 7:30 बजे दुकान मालिक को शटर टूटे होने और सामान गायब होने की सूचना मिली। इसके बाद पुलिस की टीम मौके पर पहुंची और जांच शुरू की। पुलिस उपायुक्त (सेंट्रल जोन) तारकेश्वर पटेल ने बताया कि, शुरुआती तौर पर 70 मोबाइल चोरी होने की जानकारी है। दुकान से चोरी हुए सामानों की जानकारी जुटाई जा रही है। साथ ही चोरी करने वालों का पता लगाया जा रहा है। फिलहाल मामले में FIR दर्ज नहीं की गई है।
धौलपुर जिले में पंचायत चुनाव के पहले चरण में 3 नवंबर को 126 ग्राम पंचायतों में मतदान होगा। इस दौरान जिला परिषद और पंचायत समिति सदस्यों के लिए वोट डाले जाएंगे। राजस्थान में यह पंचायत चुनाव का तीसरा चरण है। जिला निर्वाचन अधिकारी श्रीनिधि बीटी के निर्देशन में चुनाव की तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। मतदान शांतिपूर्ण और निष्पक्ष कराने के लिए पुलिस ने सुरक्षा के इंतजाम किए हैं। पहले चरण के मतदान के लिए 49 मोबाइल पुलिस पार्टियां बनाई गई हैं। 12 पुलिस सुपरवाइजरी अधिकारियों को भी जिम्मेदारी दी गई है। हर मतदान केंद्र पर एक-चार का अतिरिक्त पुलिस बल तैनात रहेगा। पुलिसकर्मियों को ब्रीफिंग देकर ड्यूटी और सुरक्षा से जुड़े निर्देश दिए गए हैं। पुलिस अधिकारियों ने जवानों से सतर्क रहने और संवेदनशील मतदान केंद्रों पर खास निगरानी रखने को कहा है। सोमवार को पॉलिटेक्निक कॉलेज से मतदान दलों को केंद्रों के लिए रवाना किया जाएगा। 5 नवंबर को पंच और सरपंच पदों के लिए मतदान होगा। चुनाव के दौरान पुलिस और प्रशासन की टीमें निगरानी रखेंगी।
देवघर में साइबर थाना पुलिस ने छापेमारी कर साइबर ठगी के आरोप में चार लोगों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपियों के पास से पांच मोबाइल फोन और छह सिम कार्ड जब्त किए हैं। पुलिस के अनुसार, 31 अक्टूबर को पुलिस उपाधीक्षक कैलाश प्रसाद महतो के नेतृत्व में पथरड्डा ओपी क्षेत्र में छापेमारी की गई थी। पुलिस को सूचना मिली थी कि कुछ लोग अलग-अलग कंपनियों के ग्राहक सेवा प्रतिनिधि और सरकारी अधिकारी बनकर लोगों को ठगी का शिकार बना रहे हैं। गिरफ्तार आरोपियों में राहुल कुमार रवाणी (19), पिता गुड्डू रवाणी, थाना दुमस्तर, करौं; गौतम कुमार मंडल (28), पिता दयानंद मंडल, डामोडीह; बिरेंद्र दास (20), पिता बच्चू दास; और दीपक कुमार दास (24), पिता शशि महरा शामिल हैं। कैशबैक का झांसा देकर भेजते थे फर्जी APK फाइल पुलिस के मुताबिक, आरोपी फ्लिपकार्ट, अमेजन पे, एयरटेल पेमेंट बैंक, गूगल पे और फोन-पे के ग्राहक सेवा प्रतिनिधि बनकर लोगों से संपर्क करते थे। वे प्रधानमंत्री किसान योजना के अधिकारी बनकर भी लोगों को ठगी का शिकार बनाने का प्रयास करते थे। आरोप है कि आरोपी गूगल पे, फोन-पे और पेटीएम पर कैशबैक मिलने का झांसा देते थे। इसके अलावा, लोगों को फर्जी APK फाइल भेजकर भी ठगी की जाती थी। एयरटेल पेमेंट बैंक के नाम पर भी लोगों को निशाना बनाने का आरोप है। पुलिस ने छापेमारी के दौरान पांच मोबाइल फोन और छह सिम कार्ड जब्त किए हैं। पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार आरोपियों के खिलाफ दूसरे राज्यों में भी साइबर ठगी से संबंधित शिकायतें दर्ज हैं। हालांकि, इन मामलों के विस्तृत ब्योरे की जानकारी नहीं दी गई है। एक आरोपी पहले भी जा चुका है जेल पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार आरोपी दीपक कुमार दास साइबर थाना कांड संख्या 46/2025 में पहले भी जेल जा चुका है। अब पुलिस चारों आरोपियों से जुड़े मामलों की जांच कर रही है। जब्त मोबाइल फोन और सिम कार्ड की मदद से कथित ठगी के तरीकों और अन्य संभावित कड़ियों की जानकारी जुटाई जा रही है। देवघर के पुलिस अधीक्षक प्रवीण पुष्कर ने कहा कि साइबर अपराध पर रोक लगाना पुलिस की प्राथमिकता है। उन्होंने बताया कि साइबर अपराधियों के खिलाफ छापेमारी और गिरफ्तारी का अभियान जारी रहेगा। पुलिस का कहना है कि अलग-अलग कंपनियों और सरकारी योजनाओं के नाम पर लोगों को झांसा देने वालों के खिलाफ कार्रवाई की जा रही है।
उज्जैन में मोबाइल चोर पकड़ाया:शॉप से 15 फोन, एप्पल आईपैड, CCTV का DVR किए थे चोरी
उज्जैन के चिमनगंज मंडी थाना क्षेत्र में मोबाइल शॉप से 15 फोन और अन्य सामान चोरी करने के मामले में पुलिस ने रविवार को एक आरोपी को गिरफ्तार किया। पुलिस ने उसके पास से चोरी के 2 मोबाइल, एक एप्पल आईपैड और CCTV कैमरों का DVR बरामद किया। सामान की अनुमानित कीमत करीब 2.50 लाख रुपए बताई गई है। आरोपी का एक साथी फरार है। चोरी 6 अक्टूबर की रात लाला लाजपत राय मार्ग स्थित गोल्डन मोबाइल शॉप में हुई थी। फाजलपुरा निवासी दुकान संचालक परवेज मंसूरी की रिपोर्ट पर चिमनगंज मंडी थाने में केस दर्ज किया गया था। चोर शटर और ताले तोड़कर दुकान में घुसे थे। वे 15 मोबाइल फोन, एप्पल आईपैड, CCTV का DVR और हार्ड डिस्क के साथ नकदी ले गए थे। पुलिस ने दुकान और आसपास लगे CCTV कैमरों के फुटेज देखे। तकनीकी साक्ष्यों और मुखबिरों की मदद से संदिग्धों की पहचान की गई। जांच के दौरान पुलिस ने आशीष उर्फ गंजू उर्फ सुखमनंदर सिंह को हिरासत में लिया। वह भोपाल का रहने वाला है और फिलहाल चिमनगंज मंडी इलाके में रह रहा था। पूछताछ में आशीष ने अपने साथी खय्याम के साथ चोरी करना स्वीकार किया। पुलिस के मुताबिक, उसने बताया कि चोरी के बाकी मोबाइल खय्याम के पास हैं। पुलिस ने सामान की बरामदगी और फरार आरोपी की तलाश शुरू कर दी है। पुलिस ने बताया कि CCTV फुटेज और तकनीकी साक्ष्यों की मदद से आरोपी तक पहुंचा गया। कार्रवाई में थाना प्रभारी निरीक्षक अशोक कुमार पाटीदार सहित पुलिस टीम शामिल रही।
कैथल में एक युवक से 1 लाख 97 हजार रुपए की ठगी का मामला सामने आया है। अज्ञात आरोपी ने उसके मोबाइल पर एपीके फाइल भेज दी। जिसे इंस्टॉल करने पर उसके खाते से रुपए कट गए। युवक ने अपनी बहन की शादी के लिए ये रुपए इकट्ठे किए थे। 20 दिन बाद बहन की शादी होनी थी। इस संबंध में युवक ने साइबर थाना में शिकायत दी है। पुलिस ने अज्ञात आरोपी के खिलाफ केस दर्ज कर लिया है। कोरियर के माध्यम से मंगवाई थी दवाई गांव बाबा लदाना निवासी पवन ने साइबर थाना में दी शिकायत में बताया कि उसका यूनियन बैंक कैथल में सेविंग अकाउंट है। तीन दिन पहले उसने जींद से अपने किसी दोस्त के माध्यम से दवाई मंगवाई थी। उसने यह दवाई DTDC के माध्यम से कोरियर की थी। जिसका पार्सल उसके दो दिन बाद भी नहीं मिला था। इस कारण उसने DTDC कोरियर सर्विस का कस्टमर केयर नंबर गूगल पर सर्च करके उस पर बात की। सामने वाले व्यक्ति ने उसे एक नंबर दिया और कहा कि इस पर व्हाट्सएप के माध्यम से कोई मैसेज भेज दो। मोबाइल में इंस्टॉल हुआ एप उसने दिए गए नंबर पर एक मैसेज भेज दिया और आरोपी के कहने पर उसी नंबर पर दो रुपए गूगल-पे कर दिए। कुछ देर बाद उसी नंबर से उसके पास एक एपीके फाइल आई। उसने एपीके फाइल को इंस्टॉल कर लिया, जिसके तुरंत बाद उसका मोबाइल हैक हो गया। काफी देर बाद उसे पता चला कि अज्ञात आरोपी ने तीन बार में उसके बैंक खाते से एक लाख 97 हजार रुपए निकाल लिए। शिकायतकर्ता ने आरोपी के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने और रुपए बरामद करने की मांग की है। साइबर थाना के जांच अधिकारी दयानंद ने बताया कि इस संबंध में पुलिस के पास शिकायत आई है। पुलिस ने अज्ञात आरोपी के खिलाफ केस दर्ज कर लिया है। मामले की जांच की जा रही है। जांच के आधार पर आगामी कार्रवाई की जाएगी।
सिंगरौली जिले के जियावन थाना क्षेत्र के हर्रा चंदेल गांव में रविवार सुबह करीब 6 बजे ग्रामीणों ने मोबाइल चोरी के एक संदिग्ध को पकड़ा। उसके पास से 12 मोबाइल फोन मिले। उसका एक साथी मौके से फरार हो गया। ग्रामीणों ने पकड़े गए व्यक्ति को जियावन पुलिस के हवाले कर दिया। जानकारी के मुताबिक, दोनों युवक पल्सर बाइक से देवसर पहुंचे थे। इसके बाद वे हर्रा चंदेल गांव में शिवनाथ मिश्रा के घर के पास गए। गांव की रेकी कर रहे थे। उनकी गतिविधियां संदिग्ध लगने पर ग्रामीणों ने उन पर नजर रखी और घेराबंदी कर एक युवक को पकड़ लिया। दूसरा युवक भाग गया। तलाशी में 12 मोबाइल ग्रामीणों ने पकड़े गए व्यक्ति की तलाशी ली तो उसके पास 12 मोबाइल फोन मिले। शुरुआती जानकारी के मुताबिक, वह चितरंगी क्षेत्र के कर्थुआ गांव का निवासी है। ग्रामीणों ने उसे जियावन पुलिस को सौंप दिया। पुलिस 12 मोबाइल फोन के मालिकों की पहचान करेगी। वह यह भी पता लगाएगी कि फोन कहां से चोरी हुए और फरार युवक की इसमें क्या भूमिका है। पुलिस पल्सर बाइक और दोनों युवकों की गतिविधियों की भी जांच करेगी। मामले की हो रही जांच जियावन थाने के जांच अधिकारी शेषनारायण द्विवेदी ने बताया कि ग्रामीणों ने एक संदिग्ध को पकड़ा है। मामले की जांच की जा रही है। मोबाइल फोन कहां से लाए गए और घटना में कोई अन्य व्यक्ति शामिल है या नहीं, यह जांच के बाद पता चलेगा।
नरसिंहपुर जिले के गाडरवारा थाना क्षेत्र के कौड़िया गांव में शनिवार देर रात किराना दुकान में चोरी हो गई। घटना के बाद सामने आए CCTV फुटेज में एक नाबालिग दुकान से सामान चुराते दिखाई दे रहा है। जानकारी के मुताबिक किराना स्टोर्स की शटर तोड़कर करीब 25 से 30 हजार रुपए नकद, दो मोबाइल फोन और चिल्लर चोरी चुराए गए। रविवार सुबह दुकान संचालक ने शटर टूटी देखी, जिसके बाद घटना का पता चला। CCTV फुटेज में दिखाई दिया संदिग्ध सूचना मिलने के बाद दुकान के CCTV कैमरों की फुटेज देखी गई। इसमें एक नाबालिग संदिग्ध दिखाई दे रहा है। फुटेज में वह दुकान के बाहर खड़ी पिकअप में बैठकर उसे चलाने की कोशिश करता भी नजर आ रहा है। पुलिस ने शुरू की जांच घटना की सूचना डायल-112 और गाडरवारा थाना पुलिस को दी गई। इसके बाद थाना प्रभारी समेत पुलिस टीम मौके पर पहुंची। टीम ने घटनास्थल का निरीक्षण कर जांच शुरू की। पुलिस CCTV फुटेज के आधार पर संदिग्ध की पहचान करने में जुटी है। घटना के बाद ग्रामीणों ने नाराजगी जताई। उन्होंने मामले का जल्द खुलासा करने, आरोपियों की गिरफ्तारी और गांव में सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने की मांग की है।
अब घर बैठे बुक होगा रेलवे पार्सल: स्टेशन जाने की नहीं होगी जरूरत, मोबाइल से कर सकेंगे ट्रैक
रेलवे की पार्सल सेवा से सामान भेजने के लिए अब लोगों को स्टेशन के चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे।
कोचिंग से घर लौट रही नाबालिग छात्रा को स्कॉर्पियो में लिफ्ट देकर सुनसान जगह ले जाया गया और उसके साथ दुष्कर्म किया गया। पुलिस ने घटना के 12 घंटे के भीतर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस के मुताबिक, आरोपी अमृत कुमार उर्फ अमित कुमार लखीसराय जिले के सूर्यगढ़ा थाना क्षेत्र के पवई गांव के शशि भूषण सिंह का बेटा है। उसे लखीसराय-जमुई मोड़ पर मुन्ना सिंह के मकान से गिरफ्तार किया गया। पुलिस ने घटना में इस्तेमाल स्कॉर्पियो और आरोपी के पास से दो मोबाइल जब्त किए। छात्रा ने आरोपी की पहचान कर ली है। एएसपी डॉ. राकेश कुमार ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि छात्रा कोचिंग के बाद बीती शाम नगर क्षेत्र के कॉलेज मोड़ के पास घर जाने के लिए ई-रिक्शा का इंतजार कर रही थी। इसी दौरान हल्के रंग की स्कॉर्पियो उसके पास रुकी। चालक ने उससे लखीसराय जाने वाले चौराहे का रास्ता पूछा। रास्ता बताने के बाद चालक ने उसे घर छोड़ने के बहाने गाड़ी में लिफ्ट देने की बात कही। गाड़ी में बैठने से पहले छात्रा ने चालक के मोबाइल से घर पर फोन किया, लेकिन परिजनों ने कॉल नहीं उठाया। इसके बाद वह चालक पर भरोसा कर गाड़ी में बैठ गई।
गुमला में दिव्यांगों के मामलों के लिए मोबाइल कोर्ट, 12,374 चिह्नित लाभुकों को होगा लाभ
भास्कर न्यूज|गुमला गुमला जिला मुख्यालय के नगर भवन में शनिवार को दिव्यांगजनों के मामलों के त्वरित निष्पादन और जन-जागरूकता के लिए एक दिवसीय चलंत न्यायालय (मोबाइल कोर्ट) सह जागरूकता शिविर आयोजित किया गया। आयोजन महिला, बाल विकास व सामाजिक सुरक्षा विभाग, झारखंड सरकार तथा राज्य निःशक्तता आयुक्त कार्यालय के संयुक्त तत्वावधान में हुआ। शिविर में राज्य निःशक्तता आयुक्त कीर्तिश्री, उपायुक्त दिलेश्वर महतो, डीडीसी अनिमेष रंजन, विभाग के अवर सचिव विक्रमा राम शामिल हुए। अधिकारियों ने बताया कि राज्य स्तर पर आने वाले कई मामले जिले में ही निपटाए जा सकते हैं। इसी आधार पर मोबाइल कोर्ट का आयोजन किया जा रहा है। इससे दिव्यांगजनों को राजधानी तक जाने की जरूरत नहीं पड़ेगी। स्थानीय स्तर पर समाधान मिलेगा। कीर्तिश्री ने कहा कि दिव्यांगजनों के अधिकारों से जुड़े मामलों के लिए कार्यालय में विशेष प्रकोष्ठ बनाया गया है। शिविर में मेडिकल बोर्ड की मौजूदगी से दिव्यांगता प्रमाण पत्र से जुड़ी विसंगतियों का मौके पर समाधान किया जा रहा है। डीसी दिलेश्वर महतो ने कहा कि दिव्यांगजनों को सहानुभूति से अधिक अवसर और सहयोग की जरूरत है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि शिविर में प्राप्त आवेदनों का प्राथमिकता के आधार पर समयबद्ध, गुणवत्तापूर्ण निष्पादन किया जाए। उप विकास आयुक्त अनिमेष रंजन ने कहा कि न्यूनतम 40 प्रतिशत दिव्यांगता पर प्रमाण पत्र जारी होता है। इससे शिक्षा, रोजगार आरक्षण, परिवहन रियायत जैसी सुविधाएं मिलती हैं। उन्होंने बताया कि गुमला सदर अस्पताल में हर बुधवार मेडिकल बोर्ड के माध्यम से प्रमाण पत्र बनाने की व्यवस्था है। अवर सचिव विक्रमा राम ने कहा कि योजनाओं को अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाने, प्रशासनिक संवेदनशीलता बढ़ाने के लिए ऐसे शिविर किए जा रहे हैं। जिला प्रशासन ने बताया कि गुमला में 12,374 दिव्यांगजन चिन्हित हैं। राष्ट्रीय सामाजिक सहायता कार्यक्रम के तहत 11,586 लाभुकों को प्रति माह 1,000 रुपये पेंशन दी जा रही है। इंदिरा गांधी राष्ट्रीय दिव्यांग पेंशन योजना के 628 पेंशनधारियों को जुलाई 2026 तक, स्वामी विवेकानन्द निःशक्त स्वावलंबन प्रोत्साहन योजना के 10,958 पेंशनधारियों को सितंबर 2026 तक भुगतान किया जा चुका है। शेष चिन्हित दिव्यांगजनों को योजनाओं से जोड़ने की प्रक्रिया जारी है। शिविर में विभिन्न विभागों के स्टॉल लगाए गए।
7 दिन पुराना था शव, मोबाइल से टॉर्चर का वीडियो निकाला; लेयर्ड वॉइस तकनीक से हत्यारे पकड़े
जयपुर | केंद्रीय गृह मंत्रालय ने सरदार वल्लभ भाई पटेल की जयंती पर 2026 के लिए प्रतिष्ठित केंद्रीय गृहमंत्री दक्षता पदक (अनुसंधान श्रेणी) की घोषणा कर दी है। देश के सर्वश्रेष्ठ अनुसंधानकर्त्ताओं की सूची में राजस्थान पुलिस के 6 आईपीएस और 1 आरपीएस अधिकारी को चुना है। इन अफसरों ने न केवल गैंगरेप जैसे वीभत्स मामले में महज 7 दिन के भीतर वैज्ञानिक साक्ष्यों के साथ कोर्ट में चार्जशीट पेश कर नजीर पेश की, बल्कि पाकिस्तान से ड्रोन के जरिए हथियारों की तस्करी, 100 करोड़ रुपए के अंतरराज्यीय साइबर फ्रॉड और दृश्यम फिल्म देखकर वृद्धा की हत्या कर शव जलाने जैसी पेचीदा वारदातों की गुत्थियां सुलझाईं। वहीं, सरकारी कल्याणकारी योजनाओं में सेंधमारी करने वाले राष्ट्रीय सिंडिकेट को ‘ऑपरेशन शटर डाउन’’ के जरिए नेस्तनाबूद करने वाले पुलिस अधिकारी को भी सर्वोच्च सम्मान से नवाजा गया है। इधर, राजस्थान में तैनात एनसीबी के जोन डायरेक्टर घनश्याम सोनी व एसआई कृतिका गोयल को भी पदक देने की घोषणा की गई है।
JIO ने Airtel से जोड़े करीब 10 गुना ज्यादा कोर मोबाइल ग्राहक; एक्टिव यूजर्स में भी बढ़त
सितंबर में रिलायंस जियो ने एयरटेल के मुकाबले लगभग 10 गुना अधिक मोबाइल ग्राहक जोड़े, जिससे बाजार में उसकी मजबूत पकड़ बनी रही।
Maharajganj News: त्योहार पर मोबाइल बाजार में बढ़ी रौनक, नए मॉडल कर रहे आकर्षित
धनतेरस और दिवाली पर दुकानों में उमड़ने लगी ग्राहकों की भीड़। आठ हजार से 50 हजार रुपये तक के स्मार्टफोन उपलब्ध।
Amroha News: मोबाइल हैक कर खाते से 99600 रुपये उड़ाए, दो के खिलाफ प्राथमिकी
साइबर ठगों ने युवक का मोबाइल हैक कर दो बार में बैंक खाते से 99,600 रुपये निकाल लिए।
Panchkula News: पार्कों में खेलने पर पाबंदी, मोबाइल में सिमट रहा बचपन
पार्कों में खेलने पर पाबंदी, मोबाइल में सिमट रहा बचपन
छह साल की बच्ची पर हमले के पीछे क्या वजह? मोबाइल गेम से लेकर पारिवारिक माहौल तक जांच
गुरु तेग बहादुर (जीटीबी) अस्पताल में एक नवंबर से ओपीडी पर्ची बनवाने की व्यवस्था में बदलाव किया जा रहा है।
झांसी में वकीलों और पुलिस की झगड़ का मामला तूल पकड़ता जा रहा है। रविवार रात को पुलिस ने 3 सीसीटीवी फुटेज जारी किए। दो फुटेज में नजर आ रहा है कि शुक्रवार को वकील कलेक्ट्रेट में डीएम ऑफिस के पास प्रदर्शन कर रहे है। एक सिपाही भूपेंद्र अपने मोबाइल में उनकी वीडियो बना रहा है। तभी कुछ वकीलों ने उसका मोबाइल छीन लिया। तभी एक दरोगा चौकी इंचार्ज मोहित कुमार पहुंच गए। आक्रोशित कुछ वकील दोनों को धक्का देते हुए पीटते हैं और फिर दौड़ा लेते हैं। दरोगा मोहित की तहरीर पर नवाबाद पुलिस ने 4 वकीलों पर सरकारी कार्य में बाधा डालने, लूट, मारपीट समेत अन्य धाराओं में केस दर्ज किया है। उधर, वकीलों ने भी दो नवंबर को अनशन का अल्टीमेटम दिया है। 4 फुटेज देखिए… अब पूरा मामला विस्तार से पढ़िए जिला अधिवक्ता संघ अध्यक्ष प्रमोद शिवहरे, महामंत्री छोटेलाल वर्मा की अगुवाई में अधिवक्ता शुक्रवार को कलेक्ट्रेट पहुंचे थे। वकीलों ने दो बड़े आरोप लगाए। पहला- कोतवाली गए संयुक्त सचिव अधिवक्ता राेमेश अग्रवाल के साथ थाना प्रभारी ने अभद्रता करते हुए गाली गलौच की। दूसरा- नवाबाद क्षेत्र के बस स्टैंड के पास बने लॉज और होटलों में पुलिस देह व्यापार करा रही है। प्रदर्शन के डीएम ऑफिस के बाहर जेल चौकी इंचार्ज मोहित कुमार और सिपाही भूपेंद्र तैनात थे। भूपेंद्र अपने मोबाइल में वकीलों की वीडियो बनाने लगा। यह देख वकील भड़क गए। नारेबाजी करते हुए दोनों पुलिसकर्मियों को घेर लिया। मोबाइल छीनकर दोनों को धक्का देते हुए दौड़ा लिया। बाद में अधिवक्ता डीएम कार्यालय पहुंचे। एडीएम को ज्ञापन सौंपते हुए नबावाद थाना प्रभारी, कोतवाली प्रभारी और सीपरी बाजार थाना प्रभारी के खिलाफ कार्रवाई की मांग की थी। पुलिस ने उसी दिन बबीना निवासी अविनाश यादव, आजाद, दीपू और नैनागढ़ निवासी देवेंद्र यादव के खिलाफ केस दर्ज किया था। पुलिस ने सिल-सिलेवार वकीलों के आरोपों को नकारा देह व्यापार के साक्ष्य नहीं मिले शुक्रवार रात को ही सीओ सिटी के नेतृत्व में पुलिस ने बस स्टैंड के आसपास बने 11 लॉज एवं होटलों में दबिश ली। लेकिन वहां कोई संदिग्ध महिला या पुरुष नहीं मिला। एसपी सिटी प्रीति सिंह ने कहा- देह व्यापार के हमें कोई भी साक्ष्य नहीं मिले। एसपी सिटी बोली- वकील के साथ थाने में अभद्रता नहीं हुई रविवार रात को पुलिस ने 3 सीसीटीवी फुटेज जारी किया। इसमें 44 सेकेंड की एक फुटेज कोतवाली थाना प्रभारी अनंज कुमार सिंह के कक्ष की है। एसपी सिटी ने कहा- वकील राेमेश अग्रवाल ने थाना प्रभारी पर अभद्र व्यवहार करते हुए गाली गलौच का आरोप लगाया था। जांच में सामने आया कि 27 अक्टूबर को रोमेश अग्रवाल के मुंशी विनय कोटी की पत्नी ने अपने पति समेत ससुराल वालों पर केस दर्ज कराया था। अगले दिन रमेश और विनय कोतवाली गए थे। प्रभारी के कक्ष में लगे वाइस रिकॉर्डर वाले सीसीटीवी कैमरे की जांच की गई। इसमें सामने आया कि शाम 7.12 बजे अधिवक्ता रोमेश अग्रवाल ने उनके कक्ष में प्रवेश किया। फुटेज में आ रही आवाज में एसएचओ अंजन सिंह कहते सुनाई पड़ रहे हैं कि आप बाहर जाइए। रोमेश ने कहा कि हमें बात करनी है। इस पर एसएचओ ने कहा कि अभी आप बाद में अपनी बात कहिएगा। एसएचओ के सामने कुर्सी पर बैठे विनय ने कहा कि यह मेरे प्रकरण में ब्रीफ करेंगे। इस पर एसएचओ ने यह कहते हुए सुनाई दे रहे हैं कि जब आपकी बात न सुनी जाए तब आप जिसकी मदद लेनी हो, उनकी लीजिएगा। इसके बाद रोमेश कमरे से बाहर निकल गए। सामने बैठे विनय ने कहा कि यह हमारे वकील हैं। कुछ देर बाद विनय भी कमरे से बाहर जाते दिखाई दिए। एसपी सिटी ने कहा- प्रकरण पति-पत्नी के घरेलु विवाद से संबंधित था। ऐसे में काउंसिलिंग की प्रिक्रिया को अधिवक्ता द्वारा अप्रयक्ष रूप से प्रभावित करने की आशंका के दृष्टिगत कोतवाली थाना प्रभारी ने अधिवक्ता को बाहर जाने के लिए कहा। इसके अलावा उनके द्वारा अधिवक्ता के साथ कोई अभद्रता या गाली गलौच नहीं की। अधिवक्ता द्वारा लगाए गए आरोप पूरी तरह निराधार और गलत हैं। एसपी सिटी बोली- FIR में जो तथ्य अंकित, उनके प्रमाण वकीलों पर लूट समेत अन्य धाराओं में केस दर्ज होने के बाद सवाल उठ रहे थे। पुलिस ने 47 सेकेंड और 3:58 मिनट के दो सीसीटीवी फुटेज जारी किए। एसपी सिटी ने कहा- पुलिसकर्मियों का मोबाइल लूटने, गाली गलौच, धक्का मुक्की और मारपीट करते हुए कलेक्ट्रेट परिसर से बाहर भगा देने की घटना के संबंध में नवाबाद थाने में एक केस दर्ज हुआ है। केस में जो तथ्य अंकित है, उन समस्त तथ्यों की पुष्टि कलेक्ट्रेट में लगे सीसीटीवी कैमरे की जांच में हो रही है। जो भी घटनाक्रम बताया गया है, वो वहां लगे सीसीटीवी कैमरे में दिखाई पड़ रहा है। जो भी पंजीकृत एफआईआर है, उसमें जल्द ही वैधानिक कार्रवाई पूरी की जाएगी। दोनों घटनाक्रम से ऐसा प्रतीत होता है कि थानों में अधिवक्ताओं के खिलाफ कई प्रकरण विवेचनाधीन है। उन प्रकरणों में पुलिस पर दबाव बनाने की नियत से ये कृत्य उस दिन किया गया।
Kaithal News: गुम मोबाइल पाकर खिले लोगों के चेहरे
गुम मोबाइल पाकर खिले लोगों के चेहरे
पूर्णिया के कसबा थाना क्षेत्र में एनएच-27 पर राधानगर के पास अज्ञात लोगों ने बाइक सवार बुजुर्ग से मोबाइल छीन लिया। इस दौरान संतुलन बिगड़ने से वे सड़क पर गिरकर गंभीर रूप से घायल हो गए। मोबाइल छीनने के बाद आरोपी मौके से फरार हो गए। घायल बुजुर्ग को कसबा प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया। शुरुआती इलाज के बाद उन्हें बेहतर इलाज के लिए हायर सेंटर रेफर किया गया। उनकी पहचान अररिया जिले के जोकीहाट निवासी मोहम्मद रफीक के रूप में हुई है। नेशनल हाईवे पर हुई वारदात घटनास्थल पर मौजूद नगर परिषद कसबा के वार्ड संख्या 02 के वार्ड पार्षद मोहम्मद इफ्तिखार आलम ने घटना की जानकारी देते हुए बताया कि जब वे घरवनी की ओर से आ रहे थे, तो उन्होंने राधानगर के पास भारी भीड़ देखी। गाड़ी रोककर देखने पर पता चला कि एक भीषण दुर्घटना हुई है। प्रत्यक्षदर्शी के अनुसार, पीड़ित बुजुर्ग अपनी ग्लैमर मोटरसाइकिल से कहीं जा रहे थे, तभी पीछे से आए अज्ञात मोबाइल चोरों ने उनकी जेब से मोबाइल छीनने का प्रयास किया। झपटमारी के दौरान संतुलन बिगड़ने से बुजुर्ग एनएच पर ही करीब 30 से 35 मीटर तक घसीटते चले गए। अपराधी उनका मोबाइल छीनकर फरार हो गए। अररिया के रहने वाले हैं घायल बुजुर्ग घायल व्यक्ति की पहचान अररिया जिले के जोकीहाट थाना क्षेत्र अंतर्गत ठेंगापुर गांव निवासी मो. मौलवी रफीक के रूप में हुई है। घटना के बाद स्थानीय लोगों ने सूझबूझ और तत्परता दिखाते हुए घायल बुजुर्ग को तुरंत इलाज के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, कसबा में भर्ती कराया। डॉक्टरों ने उनकी नाज़ुक और गंभीर स्थिति को देखते हुए प्राथमिक उपचार के बाद उन्हें बेहतर इलाज के लिए एनएमसीएच पूर्णिया रेफर कर दिया। पहले भी हो चुकी हैं ऐसी कई घटनाएं स्थानीय लोगों और जनप्रतिनिधियों का कहना है कि कसबा क्षेत्र में चलती मोटरसाइकिल से मोबाइल झपटने के दौरान लोगों के घायल होने की यह कोई पहली घटना नहीं है। इससे पहले भी इस तरह के कई मामले सामने आ चुके हैं, जिसमें कई बार महिलाएं और बच्चे भी दुर्घटना का शिकार होकर घायल हो चुके हैं। वार्ड पार्षद ने भी पुष्टि की है कि इस तरह की घटनाएं इस क्षेत्र में लगभग रोजाना की बात बन चुकी हैं। पुलिस प्रशासन से गश्ती बढ़ाने की मांग दिनदहाड़े एनएच-27 पर हो रही इस तरह की आपराधिक वारदातों से स्थानीय नागरिकों में भारी गुस्सा है। लोगों ने स्थानीय पुलिस प्रशासन से मांग की है कि जल्द से जल्द इन अपराधियों की पहचान कर उनके खिलाफ सख्त से सख्त कानूनी कार्रवाई की जाए। साथ ही, एनएच-27 और अन्य प्रमुख सड़कों पर पुलिस गश्ती को तुरंत तेज किया जाए ताकि इस तरह के अपराधियों के हौसले पस्त हो सकें और आम जनता सुरक्षित सफर कर सके।
भाई छीनकर मोबाइल ले गए, महिला सिपाही ने दे दी जान, सरकारी आवास में लगाई फांसी
आगरा पुलिस लाइन स्थित सरकारी आवास में 29 वर्षीय महिला आरक्षी आरती का शव फंदे से लटका मिला। उन्नाव निवासी आरती एसीपी कार्यालय में तैनात थीं और एक महीने के अवकाश पर थीं। मौके से मिले सुसाइड नोट में उन्होंने भाइयों से विवाद और मोबाइल छीनने से आहत होने की बात लिखी है।
मतदान केंद्रों के आसपास पुलिस का पहरा:200 मीटर के दायरे में पाबंदियां लागू, मोबाइल और वाहनों पर रोक
डीग में पंचायतीराज चुनाव के दौरान मतदान केंद्रों के आसपास 100 से 200 मीटर के दायरे में पुलिस और प्रशासन निगरानी रखेंगे। इस दायरे में वाहनों के प्रवेश और मोबाइल फोन ले जाने पर रोक के नियम लागू कराए जाएंगे। उप जिला निर्वाचन अधिकारी देवेंद्र सिंह परमार ने शनिवार को कलेक्ट्रेट सभागार में पहाड़ी, कामां और बृजनगर के जोनल एवं सेक्टर मजिस्ट्रेट और पुलिस अधिकारियों के साथ बैठक की। इसमें मतदान केंद्रों की सुरक्षा और मतदाताओं की सुविधा से जुड़ी व्यवस्थाओं की समीक्षा की गई। अधिकारियों को मतदान केंद्रों के आसपास पड़े पत्थर और निर्माण सामग्री हटवाने के निर्देश दिए गए। साथ ही पर्याप्त रोशनी, जरूरत के अनुसार पानी के टैंकर और ध्वनि प्रसारण प्रणाली की व्यवस्था करने को कहा गया। परमार ने कहा कि मतदान केंद्रों के तय 100 से 200 मीटर के दायरे में सुबह से नियमों का पालन कराया जाए। जोनल और सेक्टर मजिस्ट्रेट पुलिस अधिकारियों के साथ मिलकर अपने इलाकों में लगातार निगरानी रखें। प्रशासन ने कहा कि मतदान के दिन मतदाताओं को परेशानी न हो और चुनाव प्रक्रिया स्वतंत्र, निष्पक्ष और शांतिपूर्ण तरीके से पूरी हो।
किशनगंज सदर थाना क्षेत्र के मेहदीपुर निवासी 24 वर्षीय ई-रिक्शा चालक देवीचरण प्रसाद 29 अक्टूबर से लापता है। वह बैंक में रुपये जमा करने की बात कहकर घर से निकला था, लेकिन वापस नहीं लौटा। परिजनों ने तलाश शुरू की शुक्रवार को उसकी मां फुलती देवी के बयान पर किशनगंज सदर थाने में प्राथमिकी दर्ज की गई। प्राथमिकी के अनुसार, देवीचरण 29 अक्टूबर को दोपहर करीब 12 बजे चूड़ीपट्टी बैंक में रुपये जमा करने की बात कहकर घर से निकला था। मामला दर्ज कर जांच शुरू देर रात तक घर नहीं लौटने पर परिजनों ने उसकी तलाश शुरू की। रिश्तेदारों और आस-पड़ोस में खोजने के बाद भी उसका कोई पता नहीं चला। देवीचरण के पास मोबाइल फोन है, जो घटना के बाद से बंद आ रहा है। उसकी मां ने किसी अनहोनी की आशंका जताते हुए बेटे को सुरक्षित तलाशने की गुहार लगाई है। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। किशनगंज सदर थानाध्यक्ष मुकेश कुमार ने बताया कि पुलिस तकनीकी सेल की मदद से मोबाइल लोकेशन और बैंक के आसपास के सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही है।
डंडापुरा में स्मैक तस्कर गिरफ्तार:17.25 ग्राम स्मैक, 10 हजार रुपए नकद और मोबाइल जब्त
विदिशा के डंडापुरा इलाके में कोतवाली पुलिस ने स्मैक तस्कर को गिरफ्तार किया है। आरोपी के पास से 17.25 ग्राम स्मैक पाउडर, 10 हजार रुपए नकद और एक मोबाइल फोन जब्त किया गया। पुलिस के मुताबिक, स्मैक की कीमत करीब 1 लाख 72 हजार रुपए है। पुलिस ने आरोपी की पहचान डंडापुरा निवासी राकेश साहू के रूप में की है। पुलिस अधीक्षक के निर्देशन और अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक के मार्गदर्शन में यह कार्रवाई की गई। आरोपी के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट की धारा 8/21 के तहत मामला दर्ज किया गया है। कोतवाली थाना प्रभारी आनंद राज ने बताया कि पुलिस पता लगा रही है कि आरोपी स्मैक कहां से खरीदता था और किन लोगों तक पहुंचाता था। पुलिस उन लोगों की भी तलाश कर रही है, जो उसे स्मैक की डिलीवरी देते थे। पूछताछ और जांच के आधार पर इस कारोबार से जुड़े अन्य लोगों की गिरफ्तारी की जाएगी। पुलिस अब स्मैक के सप्लायर और पूरे नेटवर्क का पता लगाने में जुटी है।
रामपुर में शनिवार को एक महिला अचानक मोबाइल टेलीफोन टावर पर चढ़ गई। महिला का दावा है कि वह रामपुर रिजर्व पुलिस लाइन में तैनात सिपाही कौशलेंद्र की दूसरी पत्नी है। टावर पर चढ़कर महिला लगातार सिपाही पति को मौके पर बुलाने की मांग पर अड़ी रही। सूचना मिलते ही भोट थाना पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंची और करीब 3 घंटे की भारी मशक्कत के बाद दोपहर 3 बजे महिला को सुरक्षित नीचे उतार लिया गया। 8 महीने के मासूम को छोड़ टावर पर चढ़ी महिला का अपने सिपाही पति कौशलेंद्र से किसी बात को लेकर विवाद चल रहा था। शनिवार दोपहर करीब 12 बजे वह अपने 8 महीने के बच्चे को एक रिश्तेदार के पास छोड़कर भोट थाना क्षेत्र के संकरा गांव में बने मोबाइल टावर पर जा चढ़ी। महिला को टावर पर देखकर आसपास के इलाकों से सैकड़ों ग्रामीणों का भारी हुजूम जमा हो गया। देखते ही देखते मौके पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया। 3 घंटे चला हाईवोल्टेज ड्रामा घटना की जानकारी मिलते ही भोट थाना प्रभारी अर्जुन त्यागी पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस कर्मियों ने लाउडस्पीकर और फोन के जरिए महिला से बातचीत कर उसे समझा-बुझाकर नीचे उतारने की कोशिश की। महिला टावर से ही अपने पति कौशलेंद्र को मौके पर बुलाने की मांग करती रही। इस दौरान राहत और बचाव कार्य में कोई बाधा न आए, इसके लिए पुलिस को ग्रामीणों की भीड़ को नियंत्रित करने में कड़ी मशक्कत करनी पड़ी। पति पर कार्रवाई से इंकार, पुलिस कराएगी आमने-सामने बात करीब 3 घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद दोपहर करीब 3 बजे पुलिस ने महिला को सकुशल नीचे उतार लिया। राहत की बात यह रही कि इस पूरे घटनाक्रम में महिला को कोई नुकसान नहीं पहुंचा। नीचे उतरने के बाद महिला ने बताया कि वह अपने पति कौशलेंद्र पर किसी भी प्रकार की कानूनी कार्रवाई नहीं कराना चाहती है। मामले की जानकारी देते हुए थाना प्रभारी अर्जुन त्यागी ने बताया कि महिला को सुरक्षित बचा लिया गया है। उसके सिपाही पति कौशलेंद्र को थाने बुलाया गया है, जहां दोनों पक्षों को आमने-सामने बैठाकर बातचीत कराई जाएगी।
फिरोजाबाद के थाना उत्तर क्षेत्र में शनिवार सुबह करीब 11 बजे एक युवक बिजली के पोल पर चढ़ गया। उसे पोल पर चढ़ा देखकर राहगीरों और आसपास के लोगों की भीड़ जुट गई। करीब आधे घंटे तक युवक पोल पर ही रहा। इस दौरान लोगों को करंट लगने या किसी अनहोनी की आशंका बनी रही। घटना इंडियन ओवरसीज बैंक के सामने ओवरब्रिज के पास की है। सूचना पर पहुंची पुलिस ने स्थानीय लोगों की मदद से युवक को काफी मशक्कत के बाद सुरक्षित नीचे उतार लिया। इसके बाद मौके पर मौजूद लोगों ने राहत की सांस ली। शिकोहाबाद का रहने वाला है युवक युवक की पहचान अभिषेक (19) निवासी बड़ी गेलरई, थाना शिकोहाबाद के रूप में हुई है। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, वह अचानक बिजली के पोल पर चढ़ गया। उसे नीचे उतारने के लिए लोग जुट गए। आधे घंटे तक पोल पर रहा युवक युवक के पोल पर चढ़ने की खबर फैलते ही मौके पर भीड़ जमा हो गई। लोग अनहोनी की आशंका से परेशान रहे। बताया जा रहा है कि युवक नशे की हालत में था, हालांकि इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। पुलिस ने स्थानीय लोगों की मदद से उतारा सूचना मिलते ही थाना उत्तर पुलिस मौके पर पहुंच गई। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने सूझबूझ से काम लिया। स्थानीय लोगों की मदद से करीब आधे घंटे की मशक्कत के बाद युवक को सुरक्षित नीचे उतार लिया गया। पोल पर चढ़ने की वजह पता कर रही पुलिस थाना उत्तर प्रभारी निरीक्षक रवि त्यागी ने बताया कि युवक को सुरक्षित नीचे उतार लिया गया है। उससे पूछताछ की जा रही है। उन्होंने बताया कि युवक मानसिक रूप से भी कमजोर लग रहा है। उसके पोल पर चढ़ने की वजह का पता लगाया जा रहा है।
VIDEO: फंदे पर लटका मिला महिला सिपाही का शव, अवसाद में खुदकुशी की आशंका; मोबाइल में मिला सुसाइड नोट
VIDEO: फंदे पर लटका मिला महिला सिपाही का शव, अवसाद में खुदकुशी की आशंका; मोबाइल में मिला सुसाइड नोट
लखनऊ में डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक के आवास पर सांसद और अभिनेता रवि किशन ने पत्नी प्रीति शुक्ला के साथ करवा चौथ मनाया। इस दौरान डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक और रवि किशन ने अपनी-अपनी पत्नियों को पानी पिलाकर व्रत खुलवाया। रवि किशन ने दैनिक भास्कर से खास बातचीत में कहा कि पहली बार ऐसा हो रहा है, जब वह गोरखपुर और मुंबई के बजाय लखनऊ में करवा चौथ मना रहे हैं। इसके लिए उन्होंने ब्रजेश पाठक का आभार जताया। उन्होंने कहा कि आजकल पति-पत्नी के रिश्तों को लेकर नकारात्मक खबरें ज्यादा सामने आती हैं और उन्हें प्रमुखता से दिखाया जाता है। दैनिक भास्कर ऐप नंबर-1 है, इसलिए उसे सकारात्मक खबरों को भी प्रमुखता देनी चाहिए। उन्होंने कहा कि उनका वैवाहिक जीवन कई दशकों से प्यार और विश्वास के साथ गुजर रहा है। पत्नी को तोहफा देने के सवाल पर रवि किशन ने बताया कि वह उन्हें मोबाइल फोन गिफ्ट करेंगे।
यूपी: एक नवंबर से करें दुधवा और पीटीआर की सैर, मोबाइल फोन पर प्रतिबंध, नहीं बना सकेंगे रील्स
पर्यटक निर्धारित शुल्क देकर कैमरे से कर सकेंगे फोटोग्राफी, मोबाइल फोन प्रवेश द्वार पर जमा कराए जाएंगे
फंदे पर लटका मिला महिला सिपाही का शव: अवसाद में खुदकुशी की आशंका, मोबाइल में मिला सुसाइड नोट
पुलिस लाइन स्थित सरकारी आवास में रहने वाली महिला सिपाही आरती का शव घर में फंदे से लटका मिला।
अलीगढ़: तीन महीने से लापता युवक की पैंट-चप्पल और मोबाइल खेत में मिले, हड्डियां मिलने से फैली सनसनी
हरदुआगंज थाना क्षेत्र अंतर्गत सपेरा भानपुर गांव से 29 जुलाई से लापता 22 वर्षीय कृपाल उर्फ काके की पैंट, चप्पल और मोबाइल बृहस्पतिवार शाम गांव के एक सरसों व शलजम के खेत में मिले। वहीं कुछ हड्डियां भी मिलीं जिसे देखने के बाद सनसनी फैल गई।
Digital Detox: मोबाइल और सोशल मीडिया से लें थोड़ा ब्रेक, अपनों को चिट्ठी लिखकर बनाएं रिश्तों को खास
Digital Detox Tips 2026: आज के डिजिटल दौर में मोबाइल फोन और सोशल मीडिया हमारी जिंदगी का अहम हिस्सा बन चुके हैं। सुबह उठने से लेकर रात को सोने तक लोग WhatsApp, Instagram, Facebook और दूसरे डिजिटल प्लेटफॉर्म पर काफी समय बिताते हैं। किसी को जन्मदिन की शुभकामनाएं देनी हों या अपने दिल की बात कहनी हो, अब ज्यादातर लोग एक छोटा सा मैसेज भेजना पसंद करते हैं। लेकिन क्या आपने कभी सोचा है कि हाथ से लिखी एक चिट्ठी किसी के लिए कितनी खास हो सकती है? डिजिटल दुनिया में जहां लाइक, कमेंट और लगातार स्क्रीन स्क्रॉल करना आम हो गया है, वहीं हाथ से लिखा पत्र रिश्तों में एक अलग तरह का अपनापन जोड़ सकता है। इसी सोच को बढ़ावा देने के लिए डिजिटल डिटॉक्स (Digital Detox) के दौरान लोगों को अपने प्रियजनों के लिए चिट्ठी लिखने की खुशी दोबारा महसूस करने के लिए प्रेरित किया जा रहा है। एक हस्तलिखित पत्र केवल शब्दों का संग्रह नहीं होता, बल्कि उसमें लिखने वाले व्यक्ति का समय, भावनाएं और विचार भी शामिल होते हैं। Digital Detox क्या है और इसकी जरूरत क्यों महसूस हो रही है? डिजिटल डिटॉक्स का मतलब कुछ समय के लिए मोबाइल फोन, सोशल मीडिया और दूसरे डिजिटल उपकरणों के इस्तेमाल को सीमित करना है। इसका उद्देश्य तकनीक को पूरी तरह छोड़ना नहीं, बल्कि उसके इस्तेमाल में संतुलन बनाना है। आज बहुत से लोग काम, पढ़ाई, मनोरंजन और बातचीत के लिए मोबाइल फोन पर निर्भर हैं। लगातार नोटिफिकेशन आने और सोशल मीडिया देखने की आदत के कारण कई बार परिवार और दोस्तों के साथ बिताया जाने वाला समय प्रभावित हो सकता है। ऐसे में डिजिटल डिटॉक्स लोगों को स्क्रीन से थोड़ी दूरी बनाकर वास्तविक जीवन की गतिविधियों पर ध्यान देने का अवसर देता है। किताब पढ़ना, परिवार के साथ बातचीत करना, टहलना या किसी अपने को चिट्ठी लिखना डिजिटल ब्रेक के दौरान अपनाई जा सकने वाली गतिविधियां हैं। हाथ से लिखी चिट्ठी क्यों होती है खास? आज किसी को संदेश भेजने में कुछ ही सेकंड लगते हैं। लेकिन हाथ से पत्र लिखने के लिए व्यक्ति को समय निकालना पड़ता है। उसे सोचना होता है कि वह सामने वाले से क्या कहना चाहता है और अपनी भावनाओं को किस तरह शब्दों में व्यक्त करे। यही प्रयास हस्तलिखित पत्र को खास बनाता है। एक डिजिटल संदेश कई बार दूसरे संदेशों के बीच खो जाता है, लेकिन कागज पर लिखा पत्र लंबे समय तक संभालकर रखा जा सकता है। कई लोग पुराने पत्रों को वर्षों बाद भी पढ़ना पसंद करते हैं, क्योंकि उनसे जुड़ी यादें और भावनाएं उनके लिए महत्वपूर्ण होती हैं। सोशल मीडिया के दौर में बदल गया बातचीत का तरीका पहले परिवार के सदस्यों और दोस्तों के बीच पत्रों के माध्यम से संवाद करना सामान्य बात थी। लोग अपने घर से दूर रहने वाले रिश्तेदारों को चिट्ठियां लिखकर हालचाल पूछते थे। त्योहारों, जन्मदिन और दूसरे खास अवसरों पर शुभकामना पत्र भेजने की भी परंपरा थी। लेकिन मोबाइल फोन और इंटरनेट के विस्तार के बाद बातचीत का तरीका तेजी से बदल गया। अब वीडियो कॉल, वॉयस मैसेज और सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए लोग तुरंत संपर्क कर सकते हैं। इन सुविधाओं ने दूर रहने वाले लोगों के बीच संवाद आसान बनाया है। हालांकि, तेज डिजिटल बातचीत के बीच हाथ से लिखे पत्रों का इस्तेमाल पहले की तुलना में कम दिखाई देता है। अपनों को चिट्ठी लिखने से रिश्तों में कैसे बढ़ सकता है अपनापन? किसी अपने को पत्र लिखना भावनाएं व्यक्त करने का व्यक्तिगत तरीका हो सकता है। जब कोई व्यक्ति अपने माता-पिता, भाई-बहन, दोस्त या जीवनसाथी के लिए समय निकालकर चिट्ठी लिखता है, तो वह अपने विचारों को विस्तार से साझा कर सकता है। कई बार ऐसी बातें, जिन्हें आम बातचीत में कहना मुश्किल लगता है, उन्हें लिखकर व्यक्त करना आसान हो सकता है। पत्र के जरिए किसी पुरानी याद का जिक्र किया जा सकता है, किसी की मदद के लिए धन्यवाद दिया जा सकता है या लंबे समय से मन में मौजूद भावनाओं को साझा किया जा सकता है। हालांकि, रिश्तों की मजबूती केवल पत्र लिखने पर निर्भर नहीं करती। नियमित संवाद, आपसी सम्मान और एक-दूसरे के लिए समय निकालना भी उतना ही महत्वपूर्ण है। डिजिटल डिटॉक्स के दौरान क्या-क्या कर सकते हैं? डिजिटल डिटॉक्स अपनाने के लिए मोबाइल फोन को पूरी तरह बंद करना जरूरी नहीं है। व्यक्ति अपनी दिनचर्या के अनुसार कुछ समय स्क्रीन से दूर रहने का फैसला कर सकता है। उदाहरण के लिए, शाम को कुछ समय सोशल मीडिया देखने के बजाय परिवार के साथ बातचीत की जा सकती है। इसी तरह सप्ताह में एक दिन कुछ समय निकालकर किसी पुराने दोस्त को पत्र लिखा जा सकता है। डिजिटल ब्रेक के दौरान डायरी लिखना, चित्र बनाना, संगीत सुनना, पौधों की देखभाल करना या कोई रचनात्मक गतिविधि अपनाना भी अच्छा विकल्प हो सकता है। महत्वपूर्ण बात यह है कि डिजिटल उपकरणों के इस्तेमाल और व्यक्तिगत जीवन के बीच संतुलन बनाया जाए। चिट्ठी लिखने की शुरुआत कैसे करें? अगर आपने लंबे समय से किसी को पत्र नहीं लिखा है, तो शुरुआत करना मुश्किल नहीं है। सबसे पहले उस व्यक्ति के बारे में सोचें, जिससे आप कुछ खास कहना चाहते हैं। इसके बाद एक कागज और पेन लेकर अपने विचार लिखना शुरू करें। पत्र की शुरुआत सामने वाले का हालचाल पूछकर की जा सकती है। इसके बाद किसी यादगार घटना, साझा अनुभव या मन की बात का जिक्र करें। जरूरी नहीं है कि पत्र बहुत लंबा या साहित्यिक भाषा में लिखा गया हो। साधारण शब्दों में लिखी गई सच्ची भावनाएं भी सामने वाले के लिए महत्वपूर्ण हो सकती हैं। पत्र पूरा होने के बाद उसे लिफाफे में रखकर डाक से भेजा जा सकता है या व्यक्तिगत रूप से दिया जा सकता है। बच्चों और युवाओं को भी सिखाई जा सकती है पत्र लिखने की आदत आज के बच्चे डिजिटल तकनीक के साथ बड़े हो रहे हैं। उनके लिए मोबाइल मैसेज और ऑनलाइन बातचीत सामान्य बात है। ऐसे में पत्र लेखन जैसी गतिविधियां उन्हें संवाद का एक अलग तरीका समझने में मदद कर सकती हैं। स्कूलों और परिवारों में बच्चों को अपने दादा-दादी, नाना-नानी या दोस्तों के लिए पत्र लिखने के लिए प्रोत्साहित किया जा सकता है। इससे बच्चों को अपने विचार व्यवस्थित तरीके से लिखने और भावनाओं को शब्दों में व्यक्त करने का अभ्यास मिल सकता है। इसके अलावा, हस्तलेखन और भाषा संबंधी कौशल विकसित करने के लिए भी पत्र लेखन एक उपयोगी गतिविधि हो सकती है। डिजिटल दुनिया में पुरानी यादों को फिर से करें ताजा तकनीक ने लोगों को आपस में जोड़ने के कई नए रास्ते दिए हैं। आज दूर बैठे व्यक्ति से तुरंत बातचीत करना संभव है। लेकिन इसके साथ ही पुराने संवाद माध्यमों की अपनी अलग अहमियत बनी हुई है। हाथ से लिखी चिट्ठी किसी खास अवसर पर एक व्यक्तिगत उपहार की तरह हो सकती है। जन्मदिन, शादी की सालगिरह, त्योहार या किसी उपलब्धि के मौके पर लिखा गया पत्र यादगार बन सकता है। इस डिजिटल डिटॉक्स के दौरान अपने किसी प्रिय व्यक्ति को चिट्ठी लिखना एक सरल और अर्थपूर्ण पहल हो सकती है। निष्कर्ष डिजिटल डिटॉक्स का उद्देश्य तकनीक से दूरी बनाना नहीं, बल्कि जीवन में संतुलन लाना है। सोशल मीडिया और इंस्टेंट मैसेजिंग के दौर में हाथ से लिखी चिट्ठी अपने विचारों और भावनाओं को व्यक्त करने का एक खास तरीका हो सकती है। एक पत्र लिखने में लगाया गया समय और उसमें साझा की गई यादें सामने वाले के लिए लंबे समय तक महत्वपूर्ण रह सकती हैं। इसलिए अगली बार किसी अपने को खास महसूस कराना चाहें, तो केवल मैसेज भेजने के बजाय एक खूबसूरत चिट्ठी लिखने पर भी विचार करें। संपादकीय नोट: यह लेख डिजिटल डिटॉक्स और हस्तलिखित पत्रों के महत्व पर आधारित एक जागरूकता एवं लाइफस्टाइल फीचर है।
ट्रेन में रात 11 बजे के बाद मोबाइल चार्ज नहीं कर पाएंगे यात्री, रेलवे ने फिर सख्त किया नियम
ट्रेन में पावर बैंक फटने की घटना के बाद रेलवे बोर्ड ने रात में मोबाइल चार्जिंग पॉइंट बंद रखने के पुराने नियम का सख्ती से पालन कराने के निर्देश दिए हैं। जानिए यात्रियों के लिए क्या बदलेगा और यह नियम कब से लागू है।
PC: NAVBHARATA LIVE मोबाइल यूज़र्स के लिए एक ज़रूरी अपडेट आया है। अब आपको किसी अनजान नंबर से कॉल आने पर यह जानने के लिए Truecaller जैसे ऐप्स पर निर्भर रहने की ज़रूरत नहीं है कि कौन कॉल कर रहा है। आप आसानी से अपने मोबाइल नंबर से जुड़े व्यक्ति का नाम देख सकते हैं। क्योंकि केंद्र सरकार के डिपार्टमेंट ऑफ़ टेलीकम्युनिकेशंस (DoT) ने कॉलर नेम प्रेजेंटेशन (CNAP) सुविधा को लेकर कदम उठाए हैं। इस सुविधा से, कॉल करने वाले व्यक्ति का नाम सीधे मोबाइल स्क्रीन पर दिखेगा। लेकिन यह दावा कि यह सुविधा 1 नवंबर, 2026 से सभी के लिए ज़रूरी कर दी जाएगी, इसे एक ऑफिशियल नोटिफिकेशन के ज़रिए वेरिफ़ाई करने की ज़रूरत है। CNAP नियम क्या है? CNAP का मतलब है कॉलर नेम प्रेजेंटेशन। इसमें, जब आपके मोबाइल पर कॉल आएगा, तो कॉल करने वाले व्यक्ति का नाम स्क्रीन पर दिखेगा। यह नाम संबंधित टेलीकॉम कंपनी के पास मौजूद कस्टमर्स की रजिस्ट्रेशन डिटेल्स के आधार पर दिखेगा। इसलिए, अगर फ़ोन नंबर कॉन्टैक्ट लिस्ट में सेव नहीं भी है, तो भी यह आपको यह जानकारी पाने में मदद कर सकता है कि कौन कॉल कर रहा है। क्या आप Truecaller के बिना भी कॉलर का नाम समझ सकते हैं? अभी, कई मोबाइल यूज़र अनजान नंबरों की जानकारी पाने के लिए Truecaller जैसे ऐप का इस्तेमाल करते हैं। लेकिन, CNAP सुविधा टेलीकॉम नेटवर्क के ज़रिए काम करेगी, इसलिए अलग कॉलर ID ऐप पर निर्भरता कम हो सकती है। अगर कॉलर का नाम स्क्रीन पर दिखाई देगा, तो ज़रूरी कॉल की पहचान करना भी आसान हो जाएगा। क्या साइबर फ्रॉड पर रोक लगेगी? किसी अनजान कॉलर की पहचान करने में मदद करने से कुछ तरह के फ्रॉड की पहचान करना आसान हो सकता है। लेकिन, सिर्फ़ नाम दिखने से यह न मान लें कि कॉल सुरक्षित है। फ्रॉड करने वाले दूसरों की पहचान का इस्तेमाल कर सकते हैं। इसलिए, किसी को भी OTP, बैंक डिटेल्स या पर्सनल जानकारी न दें। क्या इंटरनेशनल कॉल की भी पहचान हो जाएगी? इंटरनेशनल कॉल के लिए एक अलग सिग्नल या पहचान दिखाई जा सकती है। CNAP की उपलब्धता और काम करने का तरीका मोबाइल नेटवर्क, डिवाइस और लागू नियमों के आधार पर अलग-अलग हो सकता है। इसलिए, यह ज़रूरी है कि 1 नवंबर से सभी मोबाइल पर यह सुविधा उपलब्ध होगी या नहीं, इस बारे में डिपार्टमेंट ऑफ़ टेलीकॉम की ऑफिशियल घोषणा ज़रूर देखें।
IIT मद्रास के छात्र का कमाल, बनाया Apps की गलती ठीक करने वाला AI, जीते 9.5 लाख रुपये
दीपांकर को यह पुरस्कार शिपगार्ड (ShipGuard) नाम का AI आधारित सिस्टम बनाने के लिए मिला है। बता दें कि यह सिस्टम iOS ऐप में मौजूद टेक्निकल गड़बियों की पहचान करने और उन्हें ठीक करने में मदद करता है।
एपल के पहले फोल्डेबल फोन आईफोन डुओ की स्क्रीन में परेशानी आ रही है। फोन की अंदर की स्क्रीन के टूटने और क्रैक होने की शिकायतें आ रही हैं। एपल ने भी यह बात मानी है। इस फोन्स की कीमत 3 लाख से 4.5 लाख रुपए के बीच है। आईफोन डुओ में यह डैमेज ज्यादातर उसी जगह पर हो रहा है, जहां से फोन बीच में मुड़ता है (सेंट्रल हिंज)। अधिकतर यूजर्स का कहना है कि फोन को पहली बार खोलने और इस्तेमाल करने के कुछ ही समय बाद स्क्रीन अपने आप खराब हो गई। एपल ने सोमवार को इस बारे में कहा कि हमें आईफोन डुओ की कुछ यूनिट्स की इनर डिस्प्ले में आ रही समस्या की जानकारी है। यह खराबी कुछ ही फोन्स में आई है। कंपनी इन्हें रिप्लेस करके यूजर को नया फोन देगी। यूजर कैसे पा सकते हैं फ्री रिप्लेसमेंट? कंपनी ने ग्राहकों को सलाह दी है कि यदि वे अपने आईफोन डुओ की स्क्रीन में कोई समस्या देखते हैं, तो वे तुरंत रिप्लेसमेंट के लिए AppleCare से संपर्क करें। एपल ने 9 सितंबर को अपना पहला फोल्डेबल फोन आईफोन डुओ लॉन्च किया था। सबसे बड़ा डिस्प्ले, सबसे महंगा आईफोन आईफोन डुओ में 5.4-इंच का कवर डिस्प्ले और अंदर 7.6-इंच की मेन स्क्रीन है, जो अब तक के किसी भी आईफोन का सबसे बड़ा डिस्प्ले है। डुओ एपल का अब तक का सबसे महंगा आईफोन है। इसकी शुरुआती कीमत करीब 3 लाख रुपए है, जबकि टॉप मॉडल की कीमत 4.50 लाख रुपए तक जाती है। --------------------------------------------------------- टेक-ऑटो से जुड़ी ये खबर भी पढ़ें… मस्क के ग्रोक ने बनाई 7-मिनट की AI फिल्म: ग्रीक की प्राचीन कहानी होमर्स ओडिसी पर बेस्ड है मूवी इलॉन मस्क के AI प्लेटफॉर्म 'ग्रोक' ने फिल्म मेकिंग में एंट्री कर ली है। मस्क ने कुछ समय पहले दावा किया था कि वे साल के अंत तक एक फुल-लेंथ AI फिल्म बनाएंगे। उस वादे के तीन महीने बाद 'ग्रोक इमेजिन' के X हैंडल से 7 मिनट का एक वीडियो शेयर किया है। पूरी खबर पढ़ें…
भारत में कमजोर पड़ी चीनी मोबाइल कंपनियों की बादशाहत, इन देसी ब्रैंड्स की ‘बल्ले-बल्ले’
भारत में चीनी स्मार्टफोन ब्रैंड्स की मार्केट में हिस्सेदारी घटकर 67-68 प्रतिशत रह गई है। मेमोरी चिप्स की बढ़ती कीमतों के बीच Lava और Ai+ जैसे भारतीय ब्रैंड्स की हिस्सेदारी बढ़ी है।
पटना के पत्रकार नगर में मां कम्युनिकेशन दुकान से 40-45 लाख के मोबाइल चोरी, जांच में जुटी पुलिस
26 अक्टूबर, सोमवार: पटना के पत्रकार नगर थाना क्षेत्र के संजय गांधी नगर स्थित मां कम्युनिकेशन मोबाइल शॉप में चोरी हुई। दुकान मालिक राजीव राज के अनुसार, चोर करीब 40 से 45 लाख रुपये के मोबाइल फोन लेकर फरार हो गए।
जानना जरूरी: टॉयलेट में मोबाइल चलाना सेहत पर कितना असर डालता है?
Is Using Your Phone on the Toilet Bad for Your Health: आज के समय में ज्यादातर लोग टॉयलेट में मोबाइल ले जाना पसंद करते हैं। ये आपकी सेहत पर कितना और कैसे असर डालता है, आइए जानते हैं....
सास बोली- दिनभर मोबाइल में क्या करती हो? बहू का जवाब सुनकर हंस पड़ेंगे आप, पढ़ें जोक्स
आपका दिन खुशनुमा बिताने के लिए हम आपके लिए सास-बहू की नोक-झोंक से जुड़े मजेदार चुटकुले लेकर आए हैं। इन्हें पढ़कर आप पेट पकड़कर हंसने लगेंगे और कहेंगे वाह।
Android फोन में Apps का Camera और Microphone एक्सेस ऐसे करें चेक और बंद
हम सभी स्मार्टफोन को कॉल-मैसेज के अलावा फोटो खींचने, वीडियो कॉल करने, सोशल मीडिया चलाने और ऑनलाइन मीटिंग जैसे कामों के लिए इस्तेमाल किया जाता है। हालांकि आप नहीं जानते होंगे कि एंड्रॉयड फोन में यह भी चेक किया जा सकता है कि कौन-सा एप कैमरे या माइक का इस्तेमाल कर रहा है? फोन में मौजूद कई प्राइवेसी फीचर्स की मदद से आप एप्स की एक्टिविटी पर नजर रख सकते हैं। जब आपको जरुरत पड़े तो उनकी परमिशन बंद भी कर सकते हैं। इससे आपको यह तय करने में मदद मिलती है कि किस एप को कैमरे और माइक्रोफोन का एक्सेस देना है। कैमरा या माइक इस्तेमाल होने पर दिखता है हरा इंडिकेटर - आमतौर पर एंड्रॉयड 12 और इसके बाद के वर्जन में जब कोई एप कैमरा या माइक्रोफोन इस्तेमाल कर सकते हैं, ऐसा करने पर स्क्रीन के ऊपरी दाएं कोने में हरे रंग का इंडिकेटर नजर आता है। यह संकेत देता है कि कैमरा या माइक एक्टिव रहता है। - यदि आपको इंडिकेटर नजर आए तो आप जानना होगा कि कौन-सा एप इसका इस्तेमाल कर रहा है, तो स्क्रीन पर ऊपर से नीचे की तरफ स्वाइप करें। फिर इंडिकेटर पर टैप करें। यहां आपको कैमरा या माइक्रोफोन इस्तेमाल करने वाले एप या सर्विस की जानकारी दी जाएगी। - यदि आपको कैमरा या माइक्रोफोन इस्तेमाल करने वाले एप सर्विस की जानकारी मिल सकती है। - यदि आपको किसी एप को कैमरा या माइक इस्तेमाल करने की जरुरत नहीं है, तो उसकी परमिशन को जरुर चेक करें और जरुरत के हिसाब से उसे बंद कर दें। क्विक सेटिंग्स से बंद करें कैमरा और माइक्रोफोन एक्सेस - इसके लिए फोन की स्क्रीन पर ऊपर से दो बार नीचे की तरफ स्वाइप करें। - क्विक सेटिंग्स में कैमरा एक्सेस या माइक्रोफोन एक्सेस का ऑप्शन खोजें। - अब संबंधित टाइल पर टैप करके कैमरा या माइक का एक्सेस बंद कर दें। - यदि आपको क्विक सेटिंग्स में ये विकल्प दिखाई नहीं देते, तो एडिट या एड पर टैप करके संबंधित टाइल जोड़ने की कोशिश करें। - वैसे इन विकल्पों का नाम और उपलब्धता फोन के मॉडल, एंड्रॉयड वर्जन और कंपनी के इंटरफेस के अनुसार अलग हो सकती है। सेटिंग्स में जाकर एप की परमिशन ऐसे बदलें - खासतौर पर आप किसी एप को कैमरा या माइक्रोफोन इस्तेमाल करने से रोकना चाहते हैं, तो उसकी परमिशन सीधे सेटिंग्स में जाकर बदल सकते हैं। इसके लिए फोन की सेटिंग्स ओपन करें और एप्स में जाएं। अब आप एप को चुनें जिसकी परमिशन जांचनी है। फिर परमिशंस पर टैप करके कैमरा और माइक्रोफोन को ऑप्शन चेक करें। - यदि एप को कैमरे या माइक की जरुरत नहीं, तो आप ऐसे में उसकी परमिशन डॉन्ट अलाउ पर सेट कर सकते हैं। - कैमरा या माइक्रोफोन की परमिशन बंद करने पर एप के कुछ फीचर्स काम करना बंद कर सकते हैं। प्राइवेसी डैशबोर्ड से जानें किस एप ने कब किया कैमरा-माइक इस्तेमाल - सबसे पहले फोन की सेटिंग्स में जाएं। - अब प्राइवेसी या सिक्योरिटी एंड प्राइवेसी सेक्शन में जाएं। - प्राइवेसी डैशबोर्ड का ऑप्शन ओपन करें। - कैमरा या माइक्रोफोन पर टैप करें। - मौजूद रिकॉर्ज में चेक करें कि किन एप्स ने इनका इस्तेमाल किया और कब किया है। - एंड्रॉयड 12 और इसके बाद के वर्जन में प्राइवेसी डैशबोर्ड आम तौर पर पिछले 24 घंटों की एक्टिविटी दिखाता है। लेकिन रिकॉर्ड की अवधि और मेन्यू का नाम फोन के वर्जन के हिसाब से अलग हो सकता है। - किसी एप का कैमरा या माइक इस्तेमाल करना आपको अनावश्यक लगता है, तो परमिशन पर दोबारा विचार कर सकते हैं। अनजान एप्स को फोन से हटाना भी है जरूरी - यदि आपके फोन में कोई ऐसा एप है जिसका आप यूज नहीं कर रहे हैं और आपको जानकारी नहीं है, तो उसकी परमिशन जरुर चेक करें। जरुरत न होने पर सेटिंग्स में एप्स खोलकर उस एप को चुनें और अनइंस्टॉल पर टैप करें। - लेकिन आप फोन की जरुरी सिस्टम एप्स को बिना किसी जानकारी के हटाने से बचें। कुछ सिस्टम एप डिवाइस के सही संचालन के लिए जरुरी होते हैं। - वहीं, आप फोन की सेटिंग्स में प्राइवेसी या सिक्योरिटी एंड प्राइवेसी सेक्शन में उपलब्ध सुरक्षा विकल्पों की समीक्षा जरुर करें। कुछ डिवाइस में एप एक्सेस और सुरक्षा जांच से संबंधित अतिरिक्त फीचर देखने को मिल जाएंगे। इनके नाम और काम फोन की कंपनी तथा एंड्रॉयड वर्जन के आधार पर अलग हो सकते हैं।
दूल्हा मुंबई में, दुल्हन मोबाइल टावर पर! ऑनलाइन शादी के बाद उतरी प्रेमिका
उत्तर प्रदेश के बहराइच में निकाह की मांग को लेकर एक महिला करीब 100 फीट ऊंचे मोबाइल टावर पर चढ़ गई. उसका प्रेमी नूरुद्दीन मुंबई में काम करता है, जबकि दोनों के परिवार शादी के लिए तैयार नहीं थे. पुलिस की मध्यस्थता के बाद परिवार राजी हुए और काजी की मौजूदगी में ऑनलाइन निकाह कराया गया. इसके बाद महिला को समझाकर सुरक्षित नीचे उतारा गया.
मोबाइल नेटवर्क की खराब क्वालिटी, स्लो इंटरनेट या महंगे रिचार्ज से परेशान हैं, तो बिना मोबाइल नंबर बदलें टेलीकॉम कंपनी बदलना एक अच्छा ऑप्शन है। यहां जानें SIM पोर्ट करने का आसान फास्ट तरीका और इससे जुड़े उन सवालों के जवाब, जो नेटवर्क बदलने से पहले आपके काम आएंगे।
आधार कार्ड की फिजिकल कॉपी पास नहीं है तो परेशान होने की जरूरत नहीं। myAadhaar Portal से आप घर बैठे अपना e-Aadhaar कार्ड PDF में मुफ्त डाउनलोड कर सकते हैं। जानें e-Aadhaar डाउनलोड करने का पूरा तरीका, PDF ओपन करने का फॉर्मूला:
DL धारकों के लिए बड़ी खबर! ड्राइविंग लाइसेंस में पता और मोबाइल नंबर बदलने की फीस हो सकती है माफ
ड्राइविंग लाइसेंस धारकों के लिए बड़ी राहत की खबर है। केंद्र सरकार ने ड्राइविंग लाइसेंस से जुड़े नियमों में बदलाव का प्रस्ताव दिया है। इसके तहत Sarathi Portal के जरिए लाइसेंस में घर का पता, मोबाइल नंबर और ईमेल जैसी जानकारी अपडेट करने पर फीस नहीं देनी पड़ सकती है।
आंखों की सेहत: मोबाइल चलाते ही आंखों में होती है जलन? जानें इसके पीछे की 5 बड़ी वजहें
eye strain symptoms: आंखों में जलन, लालिमा, खुजली या सुबह भारीपन महसूस होता है? जानें ड्राई आई, एलर्जी और संक्रमण के संभावित कारण, आंखों की देखभाल के उपाय और डॉक्टर से कब संपर्क करें।
SBI Data Leak: स्टेट बैंक ऑफ इंडिया के 3,897 ग्राहक रिकॉर्ड डार्क वेब पर लीक होने की आशंका है। इनमें नाम, मोबाइल नंबर, जन्मतिथि, ईमेल आईडी, घर के पते और लोन से जुड़ी जानकारी शामिल बताई गई है।
योग टिप्स: मोबाइल से ब्रेक लेने का सबसे आसान तरीका? ट्राई करें ये 10 मिनट का योग रूटीन
10 Minute Digital Detox: 10 मिनट का डिजिटल डिटॉक्स योग रूटीन अपनाएं। जानें आसान योगासन, ब्रीदिंग एक्सरसाइज और स्क्रीन टाइम से ब्रेक लेने के तरीके।
आंख खुलते ही मोबाइल स्क्रॉल करने की आदत कहीं बढ़ा तो नहीं रही आपका स्ट्रेस
सुबह की पहली किरण के साथ जब हमारी आंखें खुलती हैं, तो हमारा दिन कैसा बीतेगा, यह इस बात पर निर्भर करता है कि हम अपने दिन की शुरुआत किस तरह करते हैं। लेकिन आज के डिजिटल और आधुनिक युग में 90 प्रतिशत से ज्यादा लोगों की सुबह की शुरुआत भगवान के दर्शन या ताजी हवा से नहीं, बल्कि बिस्तर पर लेटे-लेटे अपने स्मार्टफोन की स्क्रीन पर उंगलियां फेरने से होती है। आंख खुलते ही व्हाट्सएप मैसेज, सोशल मीडिया नोटिफिकेशन्स, ईमेल और सुबह-सुबह की दुनिया भर की डरावनी या तनावपूर्ण खबरें पढ़ना आज के समय में एक आम बात बन चुकी है। हमें लगता है कि यह सिर्फ एक मामूली सी आदत है, जो समय बिताने का जरिया मात्र है। लेकिन न्यूरोसाइंस, कार्डियोलॉजी और मेडिकल रिसर्च के हवाले से जो खुलासे सामने आए हैं, वे बेहद डरावने हैं। सुबह उठते ही मोबाइल स्क्रॉल करने की यह आदत आपके मानसिक तनाव को कई गुना बढ़ा रही है और इसका सीधा एवं खतरनाक कनेक्शन आपके दिल (Heart Health) से जुड़ा हुआ है। आइए एक हेल्थ और लाइफस्टाइल रिपोर्टर की नजर से गहराई से समझते हैं कि यह डिजिटल लत हमारे शरीर और दिल को अंदर से कैसे खोखला कर रही है।सुबह की शांत शुरुआत को कैसे एक पल में तबाह कर देता है स्मार्टफोन का नोटिफिकेशनमानव शरीर की जैविक घड़ी (Circadian Rhythm) और मस्तिष्क का तंत्रिका तंत्र इस तरह से डिजाइन किया गया है कि नींद से जागने के बाद का शुरुआती समय सबसे शांत, स्थिर और रिलैक्सड होता है। रात भर सोने के बाद जब हम सुबह उठते हैं, तो हमारा दिमाग 'थीटा' (Theta) या 'अल्फा' (Alpha) ब्रेन वेव स्टेट में होता है, जो ध्यान और शांति की स्थिति मानी जाती है। लेकिन जैसे ही आंख खुलते ही आप अपना फोन उठाते हैं और सोशल मीडिया की फीड या दुनिया भर की नकारात्मक खबरें देखना शुरू करते हैं, आपका मस्तिष्क तुरंत 'बीटा' (Beta) स्टेट में चला जाता है, जो उच्च सतर्कता, तनाव और एंग्जाइटी का संकेत है। बिस्तर पर लेटे-लेटे अचानक से काम के ईमेल, दुनिया भर की दुर्घटनाएं या सोशल मीडिया की वर्चुअल दुनिया के दबाव को झेलकर आपका दिमाग एक झटके में फाइट-या-फ्लाइट (Fight-or-Flight) मोड में आ जाता है। सोचिए, जिस दिन की शुरुआत ही आपने तनाव और घबराहट के साथ की हो, वह पूरा दिन आपके मानसिक स्वास्थ्य के लिए कितना घातक साबित हो सकता है।कॉर्टिसोल और एड्रेनालाईन का हाई स्पाइक: शरीर में मच जाता है हॉर्मोनल भूचालजब आप सुबह उठते ही फोन पर तनावपूर्ण या उत्तेजक खबरें या सोशल मीडिया की तुलनात्मक तस्वीरें देखते हैं, तो आपका शरीर तुरंत 'कर्टिसोल' (Cortisol) और 'एड्रेनालाईन' (Adrenaline) जैसे स्ट्रेस हॉर्मोन्स का भारी मात्रा में स्राव करने लगता है। ये वही हॉर्मोन्स हैं जो इंसान को किसी संकट या खतरे के समय भागने या लड़ने के लिए ऊर्जा देते हैं। लेकिन जब आप हर रोज सुबह उठते ही अपनी मर्जी से अपने शरीर को इस हॉर्मोनल फ्लड में झोंक देते हैं, तो आपका नर्वस सिस्टम लगातार ओवरड्राइव मोड में रहने लगता है। लंबे समय तक शरीर में कॉर्टिसोल का स्तर ऊंचा बने रहने से हाई ब्लड प्रेशर, क्रोनिक फटीग (थकान), सिरदर्द, मूड स्विंग्स और गंभीर मानसिक अवसाद (Depression) की शिकायतें पैदा होने लगती हैं। यह हॉर्मोनल असंतुलन आपके पूरे शारीरिक और मानसिक संतुलन को पूरी तरह बिगाड़ कर रख देता है।दिल की सेहत के साथ सीधा कनेक्शन: क्यों बढ़ रहा है कम उम्र में हार्ट अटैक का खतरा?अब सबसे महत्वपूर्ण और चौंकाने वाले पहलू पर आते हैं, जिसका संबंध आपके दिल से है। मेडिकल साइंस यह साबित कर चुका है कि मानसिक तनाव (Mental Stress) और कार्डियोवैस्कुलर हेल्थ के बीच गहरा और सीधा नाता है। जब आप सुबह उठते ही डिजिटल स्ट्रेस के शिकार होते हैं, तो आपकी दिल की धड़कन (Heart Rate) अचानक तेज हो जाती है और ब्लड प्रेशर (Blood Pressure) का ग्राफ ऊपर की तरफ भागने लगता है। लगातार सुबह के वक्त इस तरह का अचानक स्ट्रेस मिलने से आपकी रक्त धमनियां (Blood Vessels) सिकुड़ने लगती हैं और उन पर दबाव बढ़ जाता है। जो लोग रोजाना इस रूटीन के आदि हो चुके हैं, उनकी धमनियों में सूजन और पट्टिका जमने का खतरा कई गुना बढ़ जाता है, जिससे आगे चलकर हाई ब्लड प्रेशर, दिल की धड़कन अनियमित होना (Arrhythmia) और कम उम्र में हार्ट अटैक या कार्डियक अरेस्ट का खतरा मंडराने लगता है। आपका दिल जो रात भर आराम करके सुबह संभल रहा होता है, उसे आप हर रोज सुबह की शुरुआत में ही तनाव की भट्टी में झोंक देते हैं।स्क्रीन टाइम और नीरस जीवनशैली: मानसिक शांति और फोकस की हो रही है बलिसुबह का समय आत्म-चिंतन, व्यायाम, मेडिटेशन या अपनों के साथ शांति से चाय की चुस्की लेने के लिए सबसे बेहतरीन माना जाता है। लेकिन मोबाइल फोन की लत ने इंसानों से उनका वह कीमती सुकून छीन लिया है। सुबह उठते ही सोशल मीडिया के अंतहीन कुएं (Infinite Scroll) में फंस जाने से आपका ध्यान और फोकस बुरी तरह विचलित हो जाता है। आप दिन भर के जरूरी कामों में मन नहीं लगा पाते क्योंकि आपका डोपामाइन (Dopamine) लेवल सुबह-सुबह ही उन वर्चुअल लाइक्स और नोटिफिकेशन्स के जरिए क्रैश हो चुका होता है। इसके कारण आपकी कार्यक्षमता घट जाती है, चिड़चिड़ापन बढ़ता है और आप हर समय एक अजीब सी मानसिक बेचैनी महसूस करते हैं। यह डिजिटल व्यसन आपकी रचनात्मकता और मानसिक शांति का सबसे बड़ा दुश्मन बन चुका है।इस खतरनाक आदत से छुटकारा पाने के लिए आज ही अपनाएं ये आसान और असरदार बदलावयदि आप भी उन करोड़ों लोगों में शामिल हैं जिनकी सुबह मोबाइल की स्क्रीन देखने से होती है, तो अब संभलने का समय आ चुका है। अपनी इस आदत को बदलने के लिए आपको कुछ कड़े और छोटे कदम उठाने होंगे। सबसे पहले, अपने बेडरूम से रात के समय स्मार्टफोन को दूर रखना शुरू करें और अलार्म के लिए एक पारंपरिक घड़ी (Analog Clock) का इस्तेमाल करें। सुबह उठने के बाद कम से कम अपने दिन के शुरुआती 30 से 60 मिनट तक फोन को हाथ न लगाने का सख्त नियम बना लें। इस खाली समय में गहरी सांस लें, हल्की स्ट्रेचिंग करें, प्रकृति के बीच कुछ पल बिताएं या अपने परिवार के साथ मुस्कुराते हुए दिन की शुरुआत करें। यकीन मानिए, जब आप फोन से दूरी बनाकर अपनी सुबह की शुरुआत शांति से करेंगे, तो आपके दिल को राहत मिलेगी, आपका स्ट्रेस लेवल अपने आप कम हो जाएगा और आपका पूरा दिन ऊर्जा, सकारात्मकता और बेहतरीन स्वास्थ्य से भरपूर रहेगा।
दिल्ली: अशोक विहार में 60 साल के बुजुर्ग से मोबाइल छीनने वाला 19 वर्षीय अभय गिरफ्तार, फोन बरामद
15 अक्टूबर, 15:19 IST: दिल्ली के अशोक विहार में 60 वर्षीय बुजुर्ग से मोबाइल स्नैचिंग के मामले में पुलिस ने 19 वर्षीय अभय को गिरफ्तार कर चोरी का फोन बरामद किया।
13 अक्टूबर, मंगलवार, भागलपुर: बिहार के शिवनारायणपुर का बताया जा रहा एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने का दावा किया जा रहा है। वीडियो के अनुसार, चलती ट्रेन में कथित मोबाइल चोरी की कोशिश के दौरान एक युवक खिड़की से लटक गया और करीब 100 मीटर तक इसी हालत में रहा। वीडियो की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।
अजमेर: मोबाइल चोरी के विवाद में दिल्ली से आए जायरीन पर चाकू से जानलेवा हमला, आरोपी हिरासत में
अजमेर के गंज थाना क्षेत्र में दिल्ली से जियारत करने आए एक जायरीन पर मोबाइल चोरी के विवाद को लेकर चाकू से हमला कर दिया गया। घायल जायरीन के शोर मचाने पर इलाके में अफरा-तफरी मच गई। सूचना पर पहुंची पुलिस ने घायल को उपचार के लिए भेजा और आरोपी युवक को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है।
काकपोरा: जम्मू-कश्मीर के काकपोरा में सूखी घास से लदे टाटा मोबाइल में लगी भीषण आग
8 अक्टूबर, गुरुवार: काकपोरा में सूखी घास से लदे टाटा मोबाइल में आग लग गई, फायर एंड इमरजेंसी सर्विसेज कश्मीर ने visuals जारी किए।
क्या ज्यादा मोबाइल और सोशल मीडिया बिगाड़ रहा है मानसिक सेहत? जानें डिजिटल स्ट्रेस के संकेत
World Mental Health Day: इस लेख में जानें कि ज्यादा मोबाइल और सोशल मीडिया का इस्तेमाल मानसिक सेहत को कैसे प्रभावित कर सकता है, डिजिटल स्ट्रेस के कौन-कौन से संकेत नजर आते हैं और इससे बचने के लिए क्या उपाय अपनाने चाहिए।
विश्व दृष्टि दिवस: मोबाइल और लैपटॉप के ज्यादा इस्तेमाल से आंखों पर क्या असर पड़ता है?
World Sight Day: अगर आप उन लोगो में से हैं, जो हमेशा लैपटॉप चलाते हैं और मोबाइल देखते हैं तो इस लेख को आखिर तक अवश्य पढ़ें।
गया जी में रेल यात्रियों के मोबाइल चोरी करने वाले दो आरोपी RPF और GRP के हत्थे चढ़े
6 अक्टूबर, मंगलवार: गया जी रेलवे स्टेशन पर यात्रियों के मोबाइल चोरी करने के मामले में RPF और GRP की संयुक्त टीम ने दो आरोपियों को गिरफ्तार किया। पुलिस टीम ने रेल यात्रियों से जुड़े मोबाइल चोरी के मामलों में कार्रवाई करते हुए दोनों को पकड़ा।
वैशाली के रामपुर जारंग में घायल हालत में मिला ऊंट, डॉक्टर हेमंत कुमार ने मोबाइल टीम के साथ किया इलाज
6 अक्टूबर, मंगलवार: वैशाली के पटेढ़ी बेलसर के रामपुर जारंग गांव में लावारिस हालत में घायल ऊंट मिला। सूचना पर डॉक्टर हेमंत कुमार और मोबाइल टीम के सदस्यों ने मौके पर पहुंचकर ऊंट का इलाज किया।
नरसिंहपुर के गाडरवारा में मोबाइल शॉप का शटर उठाकर चोरी, बोरी में भर ले गए करीब 2 दर्जन फोन
6 अक्टूबर, मंगलवार: नरसिंहपुर के गाडरवारा में प्रकाश मोबाइल शॉप में देर रात अज्ञात चोरों ने शटर उठाकर करीब दो दर्जन महंगे मोबाइल फोन चोरी कर लिए। CCTV में दो संदिग्ध वारदात को अंजाम देते दिखे। पुलिस फुटेज और अन्य साक्ष्यों से जांच कर रही है।
बिना इस्तेमाल वाले ऐप्स पर पैसे देना बंद, Gen z का ये ट्रेंड क्यों हो रहा पॉपुलर?
हर महीने बिना सोचे आपके खाते से कई छोटी-छोटी रकम कट रही हैं? जेन जी अब ऐसे खर्चों पर नजर डाल रही है और गैर-जरूरी मेंबरशिप बंद कर रही है। आखिर क्या है ये नया ‘सब्सक्रिप्शन डिटॉक्स’ ट्रेंड?
जोक्स आपको गुदगुदाने के साथ-साथ घर के रोजमर्रा के किस्सों की याद भी दिलाएंगे। तो चलिए, पढ़ते हैं सास-बहू के कुछ ऐसे ही साफ-सुथरे और मजेदार जोक्स
सिंगरौली में इन्फ्लुएंसर निधि की मौत की जांच तेज, मोबाइल चैट और CDR खंगाल रही पुलिस
29 सितंबर, मंगलवार: सिंगरौली में इन्फ्लुएंसर निधि तिवारी की मौत की पुलिस जांच कर रही है। पुलिस ने मोबाइल फोन को अनलॉक कराने रीवा भेजा है। चैट और रिकॉर्डिंग के साथ सोनू, विजय और अजित की CDR भी खंगाली जा रही है।
26 सितंबर, शनिवार: पटना में सीएम ने छात्रों को 300 में 280 अंक का लक्ष्य दिया, अभिभावकों से मोबाइल कम कराने और मीटिंग में आने की अपील।
आधार में मोबाइल नंबर से लेकर पता तक घर बैठे बदलें: 2026 की पूरी प्रक्रिया, शुल्क और जरूरी दस्तावेज
आधार कार्ड आज लगभग हर महत्वपूर्ण सरकारी और वित्तीय काम में इस्तेमाल होने वाला दस्तावेज है। बैंक खाता, मोबाइल कनेक्शन, पेंशन, सरकारी योजनाओं से लेकर आयकर और डिजिटल केवाईसी (KYC) तक कई सेवाओं में आधार से जुड़ी जानकारी सही और अपडेट रखना जरूरी है। लेकिन सवाल यह है कि अगर आधार में मोबाइल नंबर, पता या ई-मेल बदल गया है तो क्या हर बार आधार केंद्र जाना जरूरी है? जवाब है—नहीं। 2026 में UIDAI ने नए Aadhaar App के जरिए कई महत्वपूर्ण सेवाओं को मोबाइल से उपलब्ध कराया है। फिलहाल ऐप में मोबाइल नंबर और पता अपडेट जैसी सुविधाएं उपलब्ध हैं। हालांकि नाम, जन्मतिथि, लिंग और बायोमेट्रिक जैसी सभी जानकारी घर बैठे बदलने की सुविधा नहीं है। इनके लिए परिस्थितियों के अनुसार Aadhaar Enrolment/Update Centre जाना पड़ सकता है। इसे भी पढ़ें: स्टार्टअप के लिए 2 लाख तो PhD में हर महीने 10 हजार, बेटियों के लिए बिहार की सम्राट सरकार की बड़ी योजनाएं # 2026 में आधार में क्या-क्या घर बैठे बदल सकते हैं? एक, मोबाइल नंबर: यह 2026 में सबसे महत्वपूर्ण बदलावों में से एक है। UIDAI के नए Aadhaar App में Mobile Number Update की सुविधा उपलब्ध है। ऐप में मोबाइल नंबर अपडेट करने के लिए Aadhaar number holder को ऐप पर रजिस्ट्रेशन/लॉगिन करना और आवश्यक authentication पूरा करना होता है। UIDAI के अनुसार नए ऐप में Mobile Number Update और Address Update दोनों सेवाएं उपलब्ध हैं। ध्यान रखें कि आपकी स्थिति और authentication requirements के आधार पर प्रक्रिया अलग हो सकती है। इसलिए ऐप में दिखाई देने वाले निर्देशों का पालन करें। दो, पता: आधार में पता बदलने की सुविधा लंबे समय से myAadhaar पोर्टल पर उपलब्ध है और अब नया Aadhaar App भी Address Update सुविधा देता है। ऑनलाइन Address Update के लिए सामान्यतः: Aadhaar Number, Registered Mobile OTP, नया पता, संबंधित दस्तावेज और Submit की प्रक्रिया अपनानी होती है। UIDAI के अनुसार myAadhaar पर ऑनलाइन Address Update के लिए आधार से मोबाइल नंबर रजिस्टर्ड होना जरूरी है और मांगे गए पते के प्रमाण (POA) का दस्तावेज अपलोड करना होता है। तीसरा, ई-मेल: ई-मेल अपडेट की सुविधा भी Aadhaar App में उपलब्ध है। खास बात यह है कि UIDAI ने Aadhaar App के जरिए ई-मेल एड्रेस अपडेट का शुल्क 31 दिसंबर 2026 तक माफ किया है। # अब जानिए कि किन चीजों के लिए आधार केंद्र जाना पड़ सकता है? हर Aadhaar detail को मोबाइल से बदलने की सुविधा अभी उपलब्ध नहीं है। जैसे: नाम: नाम में परिवर्तन के लिए निर्धारित प्रक्रिया के तहत Aadhaar Enrolment/ Update Centre जाना पड़ सकता है और वैध supporting document देना होता है। जन्मतिथि: Date of Birth में बदलाव के लिए भी दस्तावेजों के साथ निर्धारित अपडेट प्रक्रिया अपनानी होती है। UIDAI ने इसके लिए अलग Standard Operating Procedure भी जारी किया है। लिंग: Gender update के लिए भी Aadhaar Centre की assisted update प्रक्रिया उपलब्ध है। फोटो और बायोमेट्रिक: फिंगरप्रिंट, आइरिस और फोटो जैसे biometric updates के लिए Aadhaar Centre जाना पड़ता है। UIDAI के अनुसार biometric update में fingerprint, iris और photograph शामिल हैं। सामान्य परिस्थितियों में biometric update का शुल्क ₹125 है, जबकि निर्धारित आयु-समूहों में Mandatory Biometric Update पर विशेष छूट लागू है। # 2026 में आधार अपडेट का शुल्क कितना है? UIDAI की वर्तमान शुल्क सूची के अनुसार: सेवा-शुल्क Demographic Update अलग से ₹75, Biometric Update सामान्यतः ₹125, Demographic व Biometric Update एक साथ। Biometric update के नियमों के अनुसार, Aadhaar App से Email Update| 31 दिसंबर 2026 तक मुफ्त। myAadhaar से Document Update14 जून 2027 तक मुफ्त। Aadhaar Centre पर Document Updat ₹75. UIDAI की वर्तमान शुल्क सूची में demographic update के अंतर्गत नाम, लिंग, जन्मतिथि, पता, मोबाइल नंबर और ई-मेल आदि शामिल किए गए हैं। अलग से demographic update कराने की फीस ₹75 है। महत्वपूर्ण बात यह है कि बच्चों के Mandatory Biometric Update के लिए अलग शुल्क नियम हैं। 7–15 वर्ष की आयु के बच्चों के लिए शुल्क-माफी की वर्तमान व्यवस्था 30 सितंबर 2026 तक लागू है। # myAadhaar से पता कैसे बदलें? अगर आप वेबसाइट के माध्यम से पता बदलना चाहते हैं तो प्रक्रिया मोटे तौर पर इस प्रकार है: Step 1: UIDAI के myAadhaar पोर्टल पर जाएं। Step 2: Aadhaar number से लॉगिन करें। Step 3: Registered mobile पर आए OTP से authentication करें। Step 4: Address Update विकल्प चुनें। Step 5: नया पता सावधानी से दर्ज करें। Step 6: मांगा गया Proof of Address दस्तावेज अपलोड करें। Step 7: जानकारी को Preview में अच्छी तरह जांचें। Step 8: आवश्यक शुल्क का भुगतान करें। Step 9: Request Submit करें। इसके बाद आपको Update Request Number/ Reference के जरिए स्थिति ट्रैक करने की सुविधा मिल सकती है। UIDAI के अनुसार ऑनलाइन Address Update में अपलोड किए गए दस्तावेजों का verification किया जाता है। # Aadhaar App से अपडेट कैसे करें? नया Aadhaar App Android और iOS दोनों प्लेटफॉर्म पर उपलब्ध है। UIDAI के अनुसार ऐप में Aadhaar number डालकर, Terms/Privacy को स्वीकार करके और Face Authentication पूरा करके registration किया जा सकता है। इसके बाद उपलब्ध सेवाओं में जाकर संबंधित update विकल्प चुना जा सकता है। Aadhaar App की प्रमुख सुविधाएं: Mobile Number Update, Address Update, Biometric Lock/Unlock, Authentication History, e-Aadhaar Download, Aadhaar Verifiable Credential Sharing, Contact Card Sharing and Update Request Tracking. UIDAI ने बताया है कि ऐप के लिए Android 9.0 या उससे ऊपर तथा iOS 16.0 या उससे ऊपर का ऑपरेटिंग सिस्टम आवश्यक है। # Document Update क्या है? यह समझना बहुत जरूरी है कि Document Update और Demographic Update एक ही चीज नहीं हैं। Document Update में पहचान और पते से संबंधित दस्तावेजों को आधार रिकॉर्ड के समर्थन में जमा किया जाता है। UIDAI ने myAadhaar portal पर Document Update की फीस 14 जून 2027 तक माफ की है। जबकि Aadhaar Centre पर Document Update के लिए ₹75 शुल्क निर्धारित है। इसलिए जिन लोगों ने लंबे समय से अपने आधार में पहचान या पते के प्रमाण से जुड़े दस्तावेज अपडेट नहीं किए हैं, उन्हें UIDAI की सलाह और अपने रिकॉर्ड के अनुसार Document Update पर भी ध्यान देना चाहिए। # कौन-कौन से दस्तावेज काम आ सकते हैं? पता अपडेट के लिए UIDAI द्वारा स्वीकार किए जाने वाले वैध Proof of Address दस्तावेजों की सूची में विभिन्न सरकारी और अन्य निर्धारित दस्तावेज शामिल हैं। उदाहरण के तौर पर UIDAI की जानकारी में पासपोर्ट, राशन कार्ड, वोटर आईडी और ड्राइविंग लाइसेंस जैसे दस्तावेजों का उल्लेख है। कुछ परिस्थितियों में बिजली, पानी या लैंडलाइन टेलीफोन बिल भी निर्धारित शर्तों के तहत स्वीकार किए जा सकते हैं। लेकिन कोई भी दस्तावेज अपलोड करने से पहले UIDAI की वर्तमान Supporting Documents List में उसकी पात्रता जरूर जांचें। # घर बैठे अपडेट करते समय इन गलतियों से बचें:- एक, गलत मोबाइल नंबर न डालें: आधार में मोबाइल नंबर गलत दर्ज होने पर OTP आधारित सेवाओं में परेशानी हो सकती है। दो, पता वही लिखें जो दस्तावेज में है। तीन, Address Update में spelling, house number, locality और PIN code को ध्यान से जांचें। तीन, खराब स्कैन/फोटो अपलोड न करें: दस्तावेज साफ और पढ़ने योग्य होना चाहिए। चार, एजेंट से सावधान रहें: आधार अपडेट के नाम पर अनधिकृत व्यक्ति को OTP या Aadhaar PIN जैसी संवेदनशील जानकारी न दें। पांच, OTP किसी से साझा न करें: UIDAI कभी भी फोन पर आपसे OTP बताने के लिए नहीं कहता। # सबसे आसान तरीके से समझिए: 2026 में आधार अपडेट की स्थिति: घर बैठे/मोबाइल से उपलब्ध: मोबाइल नंबर — Aadhaar App, पता — Aadhaar App / myAadhaar, ई-मेल — Aadhaar App और Document Update — myAadhaar. वहीं, केंद्र जाकर कराने वाली प्रमुख सेवाएं: फोटो/बायोमेट्रिक, कई नाम परिवर्तन मामले, जन्मतिथि से जुड़े निर्धारित अपडेट, अन्य ऐसे अपडेट जिनके लिए physical verification/biometric capture जरूरी है। ध्यान रहे कि UIDAI की सेवाओं और नियमों में समय-समय पर बदलाव हो सकता है। इसलिए आवेदन करने से पहले UIDAI के आधिकारिक पोर्टल पर वर्तमान निर्देश देखना सबसे सुरक्षित तरीका है। वस्तुतः आधार अपडेट अब पहले की तुलना में काफी आसान हो गया है। 2026 में नया Aadhaar App नागरिकों को मोबाइल नंबर और पता जैसी महत्वपूर्ण जानकारी अपडेट करने की सुविधा दे रहा है। साथ ही ई-मेल अपडेट के लिए 31 दिसंबर 2026 तक शुल्क माफ है और myAadhaar पर Document Update की मुफ्त सुविधा 14 जून 2027 तक जारी है। लेकिन इसका अर्थ यह नहीं है कि आधार की हर जानकारी घर बैठे बदली जा सकती है। नाम, जन्मतिथि, लिंग और biometric information जैसे मामलों में अभी भी निर्धारित केंद्र-आधारित प्रक्रिया लागू है। इसलिए “आधार में सब कुछ घर बैठे बदलें” के बजाय सही संदेश है—आधार की कई महत्वपूर्ण जानकारियां अब घर बैठे अपडेट करें, लेकिन सभी नहीं। - कमलेश पांडेय वरिष्ठ पत्रकार व स्तम्भकार
मंदसौर में एक महीने से लापता बेटे की तलाश में मोबाइल टावर पर चढ़ा पिता, आश्वासन के बाद उतरा
24 सितंबर, गुरुवार: मंदसौर के नाहरगढ़ थाना क्षेत्र के बरखेड़ा डांगी गांव में एक महीने से लापता 22 वर्षीय सुखदेव की तलाश को लेकर उसके पिता मोबाइल टावर पर चढ़ गए। करीब 2-3 घंटे बाद थाना प्रभारी की समझाइश और आश्वासन के बाद पिता सुरक्षित नीचे उतरे।
कालकाजी मंदिर से सटे आस्था कुंज पार्क में 17 वर्षीय नाबालिग से सामूहिक दुष्कर्म के मामले में पुलिस जांच में नया खुलासा हुआ है।
छोटे शहर के अनोखे आकर्षण और देसी ह्यूमर से दर्शकों का दिल जीतने वाली बहुचर्चित वेब सीरीज 'दुपहिया' (Dupahiya Season 2) अपने दूसरे सीजन के साथ वापसी के लिए पूरी तरह तैयार है। प्राइम वीडियो पर रिलीज हुए इसके धमाकेदार ट्रेलर ने एक बार फिर काल्पनिक गांव 'धड़कपुर' की अनोखी और गोलमटोल दुनिया में हलचल मचा दी है। कभी भारत का एकमात्र अपराध-मुक्त (Crime-Free) गांव माना जाने वाला धड़कपुर अब एक नई मुसीबत के मुहाने पर खड़ा है। इस बार गांव के पूर्व सरपंच बनवारी झा की बंजर जमीन पर लगने वाला एक नया मोबाइल टावर पूरे गांव में अफवाहों, अंधविश्वास, और भयंकर अफरा-तफरी का कारण बन जाता है। 'दुपहिया' सीज़न 2 का ट्रेलर: धड़कपुर में क्या होता है? धड़कपुर कभी भारत का एकमात्र अपराध-मुक्त गाँव माना जाता था। लेकिन अब हालात बदल गए हैं। 'दुपहिया' का ट्रेलर बनवारी और उसके परिवार की वापसी दिखाता है, जो एक बार फिर नई मुश्किलों में फँस गए हैं। इस बार, बनवारी की बंजर ज़मीन पर लगने वाला एक नया मोबाइल टावर अफ़वाहों, अंधविश्वास और अफ़रा-तफ़री का केंद्र बन जाता है। इस बीच, रोशनी अपने SSC एग्ज़ाम की तैयारी में व्यस्त है और अमावस उसके साथ है। एक के बाद एक आती मुश्किलों के बीच, बड़ा सवाल यह है कि क्या धड़कपुर हालात को काबू में रख पाएगा। नया सीज़न छोटे शहर के उस आकर्षण और अनोखे ह्यूमर को बनाए रखने का वादा करता है जिसने पहले सीज़न को लोकप्रिय बनाया था, साथ ही किरदारों को नई स्थितियों में ले जाता है। गजराज राव, रेणुका शहाणे और स्पर्श श्रीवास्तव ने 'दुपहिया' सीज़न 2 के बारे में बात की डायरेक्टर सोनम नायर ने कहा कि पहले सीज़न को मिले रिस्पॉन्स ने इसकी वापसी को और भी खास बना दिया है। उन्होंने कहा, 'दुपहिया' मेरे दिल के बहुत करीब है, और जब से हमने दर्शकों के सामने पहला सीज़न पेश किया है, तब से यह एक रोमांचक सफ़र रहा है। दर्शकों ने पहले सीज़न के लिए जो प्यार दिखाया है और इसके आस-पास जो फ़ैन-बेस बना है, वह बहुत उत्साह बढ़ाने वाला रहा है। मुझे पूरा भरोसा है कि दूसरे सीज़न को भी उतना ही उत्साह मिलेगा। प्राइम वीडियो ने हमेशा क्रिएटर्स और नई, असली और अनोखी कहानियाँ सुनाने के उनके जुनून का समर्थन किया है। इस कास्ट और क्रू के साथ दोबारा काम करना बहुत संतोषजनक रहा है, जिन्होंने इस बार सच में बेहतरीन काम किया है। बनवारी झा का किरदार निभाने वाले गजराज राव ने कहा कि शो की छोटे शहर वाली सेटिंग उन चीज़ों में से एक है जो इसे हर जगह के दर्शकों से जोड़ती है। “'दुपहिया' मेरे पसंदीदा प्रोजेक्ट्स में से एक रहा है। इस सीरीज़ की खासियत यह है कि भले ही इसकी कहानी एक छोटे से, पारंपरिक गाँव में सेट है, लेकिन इसके किरदार, उनके रिश्ते और उनकी रोज़मर्रा की मुश्किलें हर किसी को अपनी-अपनी सी लगती हैं-चाहे आप किसी छोटे शहर में रहते हों, बड़े मेट्रो शहर में या भारत के बाहर। सीज़न 2 में और भी ज़्यादा उथल-पुथल और सरप्राइज़ देखने को मिलेंगे, और साथ ही वही अपनापन और मज़ा भी होगा जिससे दर्शक पहले सीज़न में जुड़ पाए थे। मुझे बेसब्री से इंतज़ार है कि 1 अक्टूबर को जब 'दुपहिया' का सीज़न 2 प्राइम वीडियो पर रिलीज़ होगा, तो सब लोग धड़कपुर वापस आएँगे,” उन्होंने कहा। पुष्पलता के रोल में वापसी कर रहीं रेणुका शहाणे ने भी सीरीज़ में लौटने के बारे में बात की। “पहले सीज़न का अनुभव बहुत शानदार रहा था, इसलिए पुष्पलता के तौर पर 'दुपहिया' में वापसी का मुझे बेसब्री से इंतज़ार था। इस सीरीज़ की जो बात मुझे पसंद है, वह यह है कि यह आम पलों में भी मज़ा ढूँढ लेती है और साथ ही किरदारों को ज़मीन से जुड़ा और असली बनाए रखती है। सीज़न 2 में नई चुनौतियाँ और दाँव-पेच देखने को मिलेंगे, लेकिन धड़कपुर की असली जान-वहाँ के लोग और उनका अनोखापन- वैसे ही बरकरार है।” भूगोल का रोल निभाने वाले स्पर्श श्रीवास्तव ने कहा कि नए सीज़न में उन्हें अपने किरदार के और भी कई पहलू जानने का मौका मिला। उन्होंने कहा “भूगोल उन किरदारों से अलग है जो मैंने अब तक निभाए हैं। ऊपर से देखने पर वह सीधा-सादा लग सकता है, लेकिन उसमें उससे कहीं ज़्यादा गहराई है। उसका रोल निभाते हुए मुझे उन छोटी-छोटी बारीकियों और विरोधाभासों को खोजने में मज़ा आता है जो उसे अनप्रेडिक्टेबल बनाते हैं। नए सीज़न ने मुझे उन सीमाओं को और आगे ले जाने का मौका दिया, और यह मेरे करियर के सबसे संतोषजनक अनुभवों में से एक रहा है।” 'दुपहिया' सीज़न 2 कब रिलीज़ हो रहा है? सोनम नायर द्वारा निर्देशित, 'दुपहिया' का दूसरा सीज़न वहीं से शुरू होता है जहाँ पहला चैप्टर खत्म हुआ था। सलोना बैंस जोशी और शुभ शिवदासानी ने बॉम्बे फिल्म कार्टेल एलएलपी के तहत इस सीरीज़ को बनाया और प्रोड्यूस किया है। अविनाश द्विवेदी और चिराग गर्ग ने इस शो को बनाया और लिखा है। 'दुपहिया' सीज़न 2 का प्रीमियर 1 अक्टूबर, 2026 को प्राइम वीडियो पर होगा। Entertainment News Hindi Today only at Prabhasakshi
16 सितंबर, बुधवार: शिवपुरी के पिछोर क्षेत्र के गूगरी गांव में शराबबंदी की मांग को लेकर कुछ महिलाएं मोबाइल टॉवर पर चढ़ गईं। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर महिलाओं से बातचीत की और कार्रवाई का आश्वासन दिया, जिसके बाद वे नीचे उतर आईं।
हिंदी अब सिर्फ किताबों, अखबारों और दफ्तरों की भाषा नहीं रही।
बेगूसराय में राज्यरानी एक्सप्रेस में मोबाइल छिनतई, विरोध पर अधिवक्ता ट्रेन से गिरकर घायल
11 सितंबर, शुक्रवार, बेगूसराय: चकिया थाना क्षेत्र में राजेंद्र पुल के पास राज्यरानी एक्सप्रेस में बदमाश ने अधिवक्ता से मोबाइल झपटने की कोशिश की। विरोध के दौरान हाथापाई में दोनों ट्रेन से गिर गए। बदमाश 16 हजार का मोबाइल लेकर फरार हो गया और अधिवक्ता घायल हो गए।
सिंगरौली में पत्नी के लापता होने से परेशान युवक मोबाइल टावर पर चढ़ा, आश्वासन के बाद सुरक्षित उतरा
10 सितंबर, गुरुवार: सिंगरौली के बरगवां थाना क्षेत्र में पत्नी के लापता होने से परेशान 28 वर्षीय युवक मोबाइल टावर पर चढ़ गया। पुलिस और प्रशासन की टीम ने कई घंटे समझाइश के बाद उसे सुरक्षित नीचे उतारा। पुलिस ने गुमशुदगी का केस दर्ज कर महिला की तलाश शुरू कर दी है।
अंतरराष्ट्रीय सीमा से सटे कठुआ जिले के हीरानगर स्थित चन्न खत्रियां इलाके में एक कबूतर पकड़ा गया है।
रीवा में 16.632 किलो गांजा, पिस्टल-कारतूस और मोबाइल बरामद, आरोपी गिरफ्तार
27 अगस्त, गुरुवार: रीवा के समान थाना पुलिस ने ऑपरेशन प्रहार 2.0 के तहत गड़रिया नहर के पास घेराबंदी कर एक आरोपी को गिरफ्तार किया। उसके पास से 16.632 किलो गांजा, देशी पिस्टल, मैगजीन, 4 कारतूस और 3 मोबाइल फोन बरामद किए गए। आरोपी के खिलाफ NDPS और आर्म्स एक्ट में केस दर्ज किया गया है।
Rahul Gandhi मोबाइल दिखाकर बोले- ये 21वीं सदी का पिंजरा | Congress | Rajiv Gandhi Birth Anniversary
पूर्व पीएम राजीव गांधी की जयंती पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी समेत देश के कई नेताओं ने उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की. इस मौके पर दिल्ली में हरा भरा स्वाराज कार्यक्रम का आयोजन किया. इसमें कांग्रेस सांसद और लोकसभा में नेता विपक्ष राहुल गांधी पहुंचे. यहां उन्होंने मोबाइल दिखाकर क्या कुछ कहा
iQOO-Redmi Smartphone Price Hike: मोबाइल खरीदने वालों को झटका, 14,000 रुपये तक महंगे हुए फोन
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ग्वालियर में मोबाइल चोर को पकड़ती बहनों का वीडियो झूठे सांप्रदायिक दावे से वायरल
बूम से बातचीत में ग्वालियर पुलिस ने पुष्टि की कि वीडियो में दिख रहा आरोपी मुस्लिम नहीं है और उसकी पहचान मनप्रीत सिंह के रूप में की गई है.
बक्सर पुलिस की बड़ी सफलता: एसपी शुभम आर्य ने बरामद खोए हुए मोबाइल असली धारकों को लौटाए
6 गुरुवार, अगस्त: बक्सर जिले में पुलिस ने अभियान चलाकर लोगों के खोए हुए मोबाइल फोन बरामद किए हैं। इसके बाद बक्सर एसपी शुभम आर्य ने एक कार्यक्रम के दौरान सभी मोबाइल उनके असली धारकों को सौंप दिए। अपने खोए हुए फोन वापस पाकर लोगों के चेहरे खिल उठे और उन्होंने बक्सर पुलिस की इस पहल की सराहना की।
ऑपरेशन यात्री सुरक्षा के तहत गया जंक्शन पर चोरी के दो मोबाइल के साथ एक आरोपी गिरफ्तार
4 मंगलवार, अगस्त:ऑपरेशन यात्री सुरक्षा के तहत गया जंक्शन पर कार्रवाई करते हुए पुलिस ने चोरी के दो मोबाइल फोन के साथ एक आरोपी को गिरफ्तार किया। मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।
Gaya News: 4 मोबाइल के साथ धराए दो चोर
गया जंक्शन पर 'ऑपरेशन यात्री सुरक्षा' के तहत आरपीएफ और जीआरपी के संयुक्त अभियान में यात्रियों से चोरी किए गए चार मोबाइल फोन के साथ दो चोरों को गिरफ्तार किया गया है।
पिसावां में माता-पिता से विवाद के बाद युवक मोबाइल टॉवर पर चढ़ा, तीन घंटे बाद पुलिस ने उतारा
1 शनिवार, अगस्त: पिसावां के चौखड़ियां गांव में माता-पिता से विवाद के बाद एक युवक मोबाइल टॉवर पर चढ़ गया। करीब तीन घंटे की समझाइश के बाद पुलिस ने उसे सुरक्षित नीचे उतारा। पुलिस ने युवक के खिलाफ शांति भंग की कार्रवाई की है।
खैरथल के मुंडावर में ससुराल पक्ष से नाराज युवक मोबाइल टावर पर चढ़ा, पुलिस ने सुरक्षित उतारा
1 शनिवार, अगस्त: खैरथल जिले के मुंडावर क्षेत्र में ससुराल पक्ष से नाराज एक युवक मोबाइल टावर पर चढ़ गया। सूचना पर पहुंची पुलिस और प्रशासन ने समझाइश के बाद उसे सुरक्षित नीचे उतारा। पुलिस मामले की जांच कर रही है और युवक से पूछताछ के साथ काउंसलिंग भी कराई जा रही है।
टीवी अभिनेत्री स्मृति खन्ना का मानना है कि वर्टिकल सीरीज मनोरंजन की दुनिया का भविष्य हैं। उन्होंने बताया कि कम समय के एपिसोड, मोबाइल फ्रेंडली फॉर्मेट और बड़े प्रोडक्शन हाउस की बढ़ती दिलचस्पी इस नए ट्रेंड को तेजी से आगे बढ़ा रही है। साथ ही उन्होंने ...
'कल्कि 2898 AD' के ट्रेलर रिलीज के वक्त मोबाइल फेंकने जा रहे थे अमिताभ बच्चन, खुद बताया पूरा किस्सा
बॉलीवुड फिल्मों के जाने माने मशहूर अभिनेता अमिताभ बच्चन वैसे तो अक्सर ही खबरों में बने रहते हैं. लेकिन इस बार उनके क्रेज का कारण उनका जबरदस्त एक्शन अवतार है. हिंदी फिल्मों के एंग्री यंगमैन कहे जाने वाले अमिताभ बच्चन अपनी नई फिल्म 'कल्कि 2898 AD' के ट्रेलर में एक विस्फोटक एक्शन अवतार में दिखाई दे रहे हैं. निर्देशक नाग अश्विन की इस पैन इंडिया फिल्म में कई लोगों को अमिताभ का एक्शन अवतार, फिल्म के हीरो प्रभास से भी अधिक दमदार लग रहा है. लेकिन इस ऑनस्क्रीन एक्शन अवतार का प्रभाव शायद बच्चन साहब को रियलिटी में भी फील होने लगा है. इधर 'कल्कि 2898 AD' का ट्रेलर रिलीज हुआ तथा उधर अमिताभ बच्चन अपने फोन से इतने नाराज हो गए कि उसे तोड़ने की बात कह गए. अपने ब्लॉग पर 'कल्कि 2898 AD' का ट्रेलर साझा करते हुए बताया कि वो अपने मोबाइल से फ्रस्ट्रेट हो गए हैं. उन्होंने ब्लॉग पोस्ट में लिखा, 'अपना फोन ठीक करने की बड़ी कोशिश कर रहा हूं... पहले से जो सेट था, अचानक बदल गया. तो हर तरफ से मदद लेने का प्रयास कर लिया, लेकिन नाकाम रहा... बहुत फ्रस्ट्रेटिंग है ये... चाह रहा था कि इंग्लिश और हिंदी टाइपिंग, दोनों हों. इंग्लिश में एक हिंदी वर्ड लिखूं और वो देवनागरी में आ जाए... मगर कई घंटे लिंक्स और एक्स्पेरिमेंट्स फॉलो करने के बाद, अब मैं खिड़की से बाहर फेंककर अपना फोन तोड़ डालने के बहुत करीब हूं.' कुछ देर पश्चात् बच्चन साहब ने साफ किया कि वो सच में अपना मोबाइल नहीं फेंकने जा रहे, बस गुस्सा जाहिर कर रहे हैं. उन्होंने लिखा, 'नहीं नहीं नहीं... ऐसी किस्मत कहां... बस गुस्सा निकाल रहा हूं.' अपने ब्लॉग पोस्ट में अमिताभ ने ये भी कहा कि 'कल्कि 2898 AD' एवं 'Section 84 IPC' के पश्चात्, वो समझ नहीं पा रहे कि अगला प्रोजेक्ट क्या चुनना है. उन्होंने लिखा कि आज एक अभिनेता के पास 'मैनेजमेंट एक्सपर्ट्स से लेकर एजेंट्स तक' इतने सारे लोग होते हैं, ये बताने के लिए कि मार्किट में किस प्रकार का कंटेंट चल रहा है तथा सिनेमा लवर्स क्या पसंद कर रहे हैं, क्या नहीं. मगर उनके दौर में ऐसा कुछ नहीं था. अमिताभ ने कहा, 'हम सिर्फ अगली जॉब का मौका खोज रहे होते थे, जिससे हम घर चलाने की, नौकरी बनाए रखने की शर्त पूरी कर सकें. अब बात अलग हो गई है. नई जेनरेशन इस तरह सोचती है, ऐसे चलती है कि... मैं बाद एक काम खोजूंगा और उम्मीद करूंगा कि काम मिले और बस मेरा 'किचन चलता रहे.' अमिताभ बच्चन की अगली फिल्म 'कल्कि 2898 AD' का ट्रेलर सोमवार शाम को रिलीज हुआ है. इस फिल्म में अमिताभ, अश्वत्थामा का माइथोलॉजी बेस्ड भूमिका निभा रहे हैं तथा ट्रेलर में जनता उनके किरदार और काम को बहुत पसंद कर रही है. 'ये मेरी चॉइस है, मेरे मां-बाप…', जहीर इकबाल संग शादी पर आई सोनाक्षी सिन्हा की प्रतिक्रिया शूटिंग से 4 दिन पहले डायरेक्टर ने किया एक्ट्रेस को फिल्म से बाहर, सालों बाद खुद किया चौंकाने वाला खुलासा सैलरी पर हो रही चर्चा को लेकर आई 'पंचायत' के सचिव जी की प्रतिक्रिया, जानिए क्या कहा?
तमन्ना भाटिया को महाराष्ट्र साइबर सेल द्वारा आईपीएल मैचों की अवैध स्ट्रीमिंग में उनकी कथित संलिप्तता के संबंध में पूछताछ के लिए बुलाया गया है। उनसे 29 अप्रैल को पूछताछ के लिए पेश होने की उम्मीद है। संजय दत्त भी इस मामले से जुड़े थे, लेकिन अपनी पूर्व प्रतिबद्धताओं के कारण, वह 23 अप्रैल को पूछताछ सत्र में शामिल नहीं हो सके। इसके बजाय, उन्होंने अपना बयान दर्ज करने के लिए एक अलग तारीख की मांग की। फेयरप्ले, जो महादेव ऑनलाइन गेमिंग ऐप की सहायक कंपनी है, को क्रिकेट, पोकर, कार्ड गेम्स और टेनिस जैसी विभिन्न लाइव गेम्स पर अवैध सट्टेबाजी से जोड़ा गया है। पिछले साल यह ऐप सुर्खियों में आया जब रणबीर कपूर और श्रद्धा कपूर जैसे अभिनेताओं, जिन्होंने इस ऐप का प्रचार किया, को प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) द्वारा पूछताछ के लिए बुलाया गया। महादेव ऑनलाइन सट्टेबाजी ऐप दुबई से संचालित होता है, जिसे भिलाई, छत्तीसगढ़ के रहने वाले सौरभ चंद्राकर और रवि उप्पल चलाते हैं। उन्होंने नए ग्राहकों को आकर्षित करने के लिए नई वेबसाइटें और चैट समूह बनाकर विभिन्न रणनीतियों का उपयोग किया और सामाजिक मीडिया प्लेटफॉर्म पर भुगतान किए गए विज्ञापनों के माध्यम से लोगों को आकर्षित किया। ईडी एक साल से अधिक समय से महादेव ऐप से जुड़ी मनी लॉन्ड्रिंग के मामले की जांच कर रही है, जिसमें छत्तीसगढ़ के विभिन्न हाई प्रोफ़ाइल राजनेता और अधिकारियों के शामिल होने का आरोप लगाया गया है। भीड़ में पापा अमिताभ को सँभालते नजर आए अभिषेक बच्चन, फैंस कर रहे तारीफ इतनी छोटी स्कर्ट पहनकर इवेंट में पहुंच गई ऋतिक रोशन की Ex वाइफ, हुई Oops मोमेंट का शिकार ऐश्वर्या राय संग इंटीमेट सीन पर बोले रणबीर कपूर- 'हाथ कांप रहे थे फिर...'

