'डॉक्टर ने आंखें निकाल दीं' - खौफ से कांपते मासूम, स्कूल में मोबाइल की लत छुड़ाने का ये कैसा तरीका?
खटीमा स्कूल की वायरल घटना ने बच्चों के स्क्रीन टाइम और मोबाइल की लत पर नई बहस छेड़ दी है. जानिए ज्यादा मोबाइल इस्तेमाल का बच्चों के शरीर और दिमाग पर क्या असर पड़ता है.
घर बैठें ड्राइविंग लाइसेंस में मोबाइल नंबर को ऐसे करें लिंक, देखें स्टेप बाई स्टेप प्रोसेस यहां
ड्राइविंग लाइसेंस रखने वाले को परिवहन विभाग ने 25 सितंबर से पहले अपना मोबाइल नंबर लिंक करने को कहा है और कमाल की बात ये है कि आप ये काम घर बैठे आराम से कर सकते हैं।
खटीमा स्कूल की वायरल घटना ने बच्चों के स्क्रीन टाइम और मोबाइल की लत पर नई बहस छेड़ दी है. जानिए ज्यादा मोबाइल इस्तेमाल का बच्चों के शरीर और दिमाग पर क्या असर पड़ता है.
अलीगढ़: 38 घंटे बाद टूटी राजू की जिद, रिश्तेदार पार्षद के समझाने पर मोबाइल टावर से उतरा
अलीगढ़ में नौकरी बहाली की मांग को लेकर क्वार्सी चौराहे के मोबाइल टावर पर चढ़ा बर्खास्त रोडवेज चालक राजू सैनी 38 घंटे बाद रिश्तेदार पार्षद हरीश सैनी के समझाने पर नीचे उतरा, छठवीं बार टावर पर चढ़ा था।
'क्या ये नया वाला आईफोन है?'; नोएडा में युवती से मोबाइल छीन भागे बदमाश
क्या यह नया वाला iPhone है? ग्रेटर नोएडा वेस्ट में ई-रिक्शा में बैठी युवती से बाइक सवार बदमाशों ने बस यही सवाल पूछा. बेफिक्र युवती ने जैसे ही मुस्कुराते हुए 'हां' कहा, बदमाशों ने झपट्टा मारा और महज तीन दिन पहले खरीदा गया नया-नवेला iPhone 18 Pro छीनकर रफूचक्कर हो गए. अब पुलिस बदमाशों की तलाश में जुटी है.
कटनी में ऑटो चालकों की मनमानी किराया वसूली का मामला सामने आया है। मंगलवार सुबह मुड़वारा रेलवे स्टेशन से शहडोल बाईपास जाने के लिए ऑटो में बैठे दो यात्रियों से करीब 5 किमी के सफर के बदले 1500 रुपए वसूल लिए गए। यात्रियों का आरोप है कि ऑटो चालक ने तय 60 रुपए किराए के बजाय 1500 रुपए मांगे और पैसे नहीं देने पर मोबाइल छीनने व मारपीट की धमकी दी। पहले 30 रुपए प्रति यात्री किराया तय किया यात्री राजकुमार सिंह ने बताया कि वे साथी विजय के साथ बांदकपुर से ट्रेन से मुड़वारा स्टेशन पहुंचे थे। यहां से शहडोल जाना था। स्टेशन के बाहर शहडोल बाईपास जाने के लिए एक ऑटो चालक से बात की। चालक ने 30 रुपए प्रति व्यक्ति के हिसाब से 60 रुपए किराया बताया और दोनों को ऑटो में बैठा लिया। रास्ते में अचानक मांगे 1500 रुपए यात्रियों के अनुसार, ऑटो चालक शहडोल बाईपास ले जाने के बजाय रपटा पेट्रोल पंप के पास रुक गया। इसके बाद उसने अचानक 1500 रुपए की मांग कर दी। यात्रियों ने तय किराया 60 रुपए देने की बात कही तो चालक कथित तौर पर धमकी देने लगा। मोबाइल छीनने और मारपीट की धमकी राजकुमार के मुताबिक, चालक ने कहा कि अगर तुरंत 1500 रुपए नहीं दिए तो वह मोबाइल छीन लेगा और मारपीट करेगा। सूनसान जगह और अनजान शहर होने के कारण दोनों यात्री डर गए। उन्होंने मजबूरी में चालक को 1500 रुपए दे दिए। पेट्रोल पंप के पास छोड़कर भागा पैसे लेने के बाद चालक दोनों यात्रियों को रपटा पेट्रोल पंप के पास ही छोड़कर भाग गया। यात्रियों ने बताया कि आगे की यात्रा समय पर पूरी करने की जल्दबाजी और विवाद से बचने के कारण उन्होंने पुलिस में शिकायत नहीं की। स्टेशन के बाहर निगरानी की मांग स्थानीय लोगों का कहना है कि रेलवे स्टेशन के बाहर बाहरी यात्रियों से मनमाना किराया वसूलने की शिकायतें सामने आती रहती हैं। उनका कहना है कि ऑटो किराया तय करने और नियमित जांच की व्यवस्था से यात्रियों को ऐसी परेशानी से बचाया जा सकता है। हालांकि, इस मामले में पीड़ितों की ओर से पुलिस शिकायत नहीं की गई है।
महाकालेश्वर मंदिर के अतिथि गृह में विवाद: दिल्ली की श्रद्धालु ने गार्ड्स पर मारपीट और मोबाइल छीनने का लगाया आरोप
Kangra News: बड़ा भंगाल को मोबाइल नेटवर्क से जोड़ने की तैयारी
जिला कांगड़ा के अत्यंत दुर्गम क्षेत्र बड़ा भंगाल को मोबाइल नेटवर्क कनेक्टिविटी से जोड़ने की तैयारी शुरू हो गई है।
जेपीएससी परीक्षाओं में कथित गड़बड़ी की सीआईडी जांच में एफआरओ परीक्षा में एआई से चीटिंग करने वाले सिंडिकेट का खुलासा हुआ है।
गयाजी में पासपोर्ट बनवाने वालों के लिए राहत की खबर है। जिले में पहली बार पांच दिवसीय विशेष पासपोर्ट सेवा मोबाइल वैन शिविर लगाया जा रहा है। बोधगया और शेरघाटी में यह शिविर लगेगा। इसमें आवेदकों को अपने जिले में ही पासपोर्ट से जुड़ी जरूरी प्रक्रिया पूरी करने की सुविधा मिलेगी। बोधगया मंदिर प्रबंधन समिति (BTMC) परिसर में 21 सितंबर को शिविर लगा, 22 सितंबर को भी लोगों को सुविधा मिलेगी। इसके बाद 23 से 25 सितंबर तक शेरघाटी अनुमंडल कार्यालय परिसर में मोबाइल वैन पहुंचेगी। पांच दिनों में कुल 275 अपॉइंटमेंट स्लॉट रखे गए हैं। हर दिन 55 आवेदकों की प्रक्रिया पूरी की जाएगी। बोधगया में 110, शेरघाटी में 165 स्लॉट बोधगया में दो दिनों के लिए 110 स्लॉट उपलब्ध हैं। वहीं शेरघाटी में तीन दिनों के लिए 165 स्लॉट रखे गए हैं। आवेदकों को पहले पासपोर्ट सेवा पोर्टल पर ऑनलाइन आवेदन करना होगा। इसके बाद अपॉइंटमेंट बुक करना होगा। शिविर में आवेदन से जुड़े दस्तावेजों की जांच होगी। इसके साथ ही बायोमेट्रिक की प्रक्रिया भी पूरी की जाएगी। प्रक्रिया पूरी होने के बाद निर्धारित नियमों के अनुसार पासपोर्ट आवेदक के पते पर भेजा जाएगा। पांच साल में 75.5% बढ़े आवेदन गयाजी में पासपोर्ट बनवाने की मांग लगातार बढ़ी है। आंकड़ों के अनुसार वर्ष 2021 में जिले से 7,518 पासपोर्ट आवेदन मिले थे। वर्ष 2025 में यह संख्या बढ़कर 13,193 हो गई। यानी पांच साल में आवेदनों में 75.5 प्रतिशत की बढ़ोतरी हुई। इसी अवधि में निबटाए गए आवेदनों की संख्या भी बढ़ी है। 2021 में 6,988 आवेदन संसाधित किए गए थे। 2025 में यह आंकड़ा बढ़कर 12,380 हो गया। इसमें करीब 77.2 प्रतिशत की वृद्धि हुई। बड़ी संख्या में आवेदन आने के कारण लोगों को पासपोर्ट सेवा के लिए इंतजार करना पड़ता है। इसी को देखते हुए अधिक मांग वाले क्षेत्रों में मोबाइल वैन शिविर लगाया जा रहा है। IIM बोधगया में भी लग चुका है शिविर जिले में इससे पहले वर्ष 2024 में IIM बोधगया में विशेष पासपोर्ट सेवा शिविर लगाया गया था। अप्रैल 2024 से बिहार में क्षेत्रीय पासपोर्ट कार्यालय, पटना की ओर से आयोजित होने वाला यह 21वां विशेष मोबाइल वैन शिविर है। अब तक बिहार के अलग-अलग जिलों और संस्थानों में ऐसे शिविरों से करीब 3 हजार आवेदक लाभ ले चुके हैं। पोर्टल से ही बुक करें स्लॉट आवेदकों से अपॉइंटमेंट केवल आधिकारिक पासपोर्ट सेवा पोर्टल से बुक करने को कहा गया है। शिविर में जाने से पहले सभी जरूरी दस्तावेज तैयार रखने होंगे। अपॉइंटमेंट में दिए गए समय पर ही पहुंचना होगा।1 जुलाई 2026 से लागू संशोधित पासपोर्ट आवेदन शुल्क इन शिविरों में भी लागू होगा। आवेदकों को शुल्क और दस्तावेजों की जानकारी आधिकारिक स्रोत से लेने की सलाह दी गई है। पासपोर्ट कार्यालय ने अनधिकृत एजेंटों और बिचौलियों से बचने की अपील की है।
भिवानी के एक गांव निवासी युवती लापता होने का मामला सामने आया है। जिसे लापता होने के कारीब 2 दिन पहले ही किसी लड़के से फोन पर बाते करते हुए पकड़ा था। वहीं पूछने पर कुछ भी नहीं बताया। वहीं बाद में युवती घर से अचानक गायब हो गई। साथ ही युवक का मोबाइल भी बंद आ रहा है। इधर, मामले की सूचना मिलने के बाद केस दर्ज करके जांच शुरू कर दी। भिवानी के एक गांव निवासी एक व्यक्ति ने पुलिस को शिकायत दी। जिसमें बताया कि वे तीन बहन-भाई हैं। उसको एक छोटी बहन व छोटा भाई है। उसकी बहन की उम्र करीब 23 साल है। जो 14 तारिख को किसी लड़के के साथ फोन पर बात कर रही थी। जब परिवार वालों ने इस बारे में उससे पूछा तो उसने कुछ भी नहीं बताया और जब लड़के से पूछा तो उसने भी कुछ नहीं बताया। इसके दो दिन बाद उसकी बहन सुबह के समय संभाली तो नहीं मिली। वहीं जिस लड़के से उसकी बहन बात कर रही थी उसका भी फोन बंद आ रहा है। इसके प्रश्चात उन्होंने अपने बहन के बारे में आसपास व रिश्तेदारियों में पता किया, लेकिन कहीं पर कोई भी जानकारी नहीं मिली। इसके बाद मामले की शिकायत पुलिस को दे दी और युवती को तलाश करने की गुहार लगाई। वहीं पुलिस ने शिकायत के आधार पर अब केस दर्ज कर लिया है, वहीं युवती की तलाश शुरू कर दी।
फील्ड ट्रेनरों को सिखाया मोबाइल एप व कार्यप्रणाली , मॉड्यूल की दी जानकारी
भास्कर न्यूज़ | लुधियाना लुधियाना में डिजिटल जनगणना-2027 के दूसरे चरण (जनसंख्या गणना) की तैयारियों के तहत फील्ड ट्रेनरों के लिए तीन दिवसीय प्रशिक्षण सत्र शुरू हुआ। प्रशिक्षण सोमवार को शिंगार सिनेमा के पास नगर निगम जोन बी कार्यालय में नगर निगम आयुक्त-सह-प्रधान जनगणना अधिकारी ओजस्वी अलंकार और नगर निगम संयुक्त आयुक्त-सह-शहर जनगणना अधिकारी विनीत कुमार की अगुवाई में आरंभ हुआ। प्रशिक्षण सत्रों को संवादात्मक तरीके से संचालित किया जा रहा है, जिसमें प्रतिभागियों को प्रश्न पूछने और फील्ड स्तर से जुड़े मुद्दों का समाधान स्पष्ट करने के लिए प्रोत्साहित किया गया। कार्यक्रम में करीब 40 फील्ड ट्रेनर शामिल हैं। प्रशिक्षण डी.सी.ओ. चंडीगढ़ से जिला समन्वयक एवं जिला मास्टर ट्रेनर आलोक कुमार तथा जिला मास्टर ट्रेनर हरमीत सिंह दे रहे हैं। सुपरडेंट तरुण गोयल सहित नगर निगम के अन्य अधिकारी भी सत्र के दौरान मौजूद रहे। पहले दिन जनसंख्या गणना की रूपरेखा, उद्देश्य, गणनाकर्ताओं व सुपरवाइजरों की भूमिकाओं और जिम्मेदारियों पर जानकारी दी गई। मोबाइल एप्लिकेशन व उसके मॉड्यूल, और फील्ड स्तर के मूल कार्यप्रवाह पर विशेष जोर रहा।
Rajouri News: राजोरी में कई दिन से बीएसएनएल मोबाइल सेवा ठप, हजारों उपभोक्ता परेशान
Jammu and kashmir
Jhansi News: मोबाइल एप से होगा जनगणना का द्वितीय चरण
झांसी। आगामी जनगणना 2027 के द्वितीय चरण की जनसंख्या गणना की तैयारियों की समीक्षा हुई। यह महत्वपूर्ण बैठक सोमवार को कलेक्ट्रेट स्थित नवीन सभागार में हुई।
Sonipat News: चैंबर का शटर तोड़ की मोबाइल और नकदी चोरी
Mobile phones and cash stolen after breaking the chamber's shutter.
Rampur News: गुम हुए 105 मोबाइल फोन बरामद, एसपी ने स्वामियों को सौंपे फोन
मोबाइल फोन गुम होने के बाद उसके वापस मिलने की उम्मीद छोड़ चुके लोगों के लिए सोमवार का दिन खुशियां लेकर आया। पुलिस की सर्विलांस सेल और थानों पर नियुक्त सीईआईआर टीम के प्रयास से 105 गुम मोबाइल फोन बरामद किए गए।
हिसार। गणेश मार्केट में सोमवार को चोरी के फोन का लॉक तुड़वाने पहुंचे दो युवकों को एक अन्य युवक ने पहचान लिया। उसने फोन को अपना बताया। इसके बाद दोनों युवकों को पुलिस के हवाले कर दिया गया। पूछताछ के बाद युवकों को छोड़ दिया गया।
Faridabad News: घर का ताला तोड़कर आभूषण, मोबाइल और लैपटॉप चोरी
Jewelry, mobile phone, and laptop stolen after breaking into the house.
भोपाल में PHQ के सामने ही बेखौफ बदमाश: ऑटो सवार महिला टीचर से झपटा पर्स, मंगलसूत्र और मोबाइल ले उड़े
पीएचक्यू के सामने बाइक सवार तीन बदमाश ऑटो के पास पहुंचे और साइड में लटक रहा उनका पर्स झपट लिया। वारदात के बाद तीनों बदमाश बाइक से फरार हो गए।
मेरठ में सिविल लाइन थाना क्षेत्र के साकेत निवासी पूर्व नौसेना अधिकारी ब्रिज मोहन शर्मा ने ई-रिक्शा चालक पर मारपीट व लूटपाट करने का आरोप लगाया है। उनका आरोप है कि 21 सितंबर को प्यारे लाल जिला अस्पताल से घर लौटते समय ई-रिक्शा चालक उन्हें जाम का बहाना बनाकर सुनसान और सकरी गली में ले गया। वहां उनके साथ लूटपाट की गई और विरोध करने पर उन्हें ई-रिक्शा से धक्का देकर आरोपी फरार हो गया। घटना में उन्हें चोट भी आई। पुलिस ने उनकी डाक्टरी कराकर मामले की जांच शुरू कर दी है। ब्रिज मोहन शर्मा भारतीय नौसेना से सेवानिवृत्त हैं और उन्हें राष्ट्रपति पुरस्कार भी मिल चुका है। उन्होंने बताया कि 21 सितंबर की सुबह वह प्यारे लाल जिला अस्पताल आए थे। दोपहर करीब एक बजे अस्पताल से घर जाने के लिए उन्होंने ई-रिक्शा लिया। आरोप है कि कुछ दूर चलने के बाद चालक ने रास्ते में जाम होने की बात कही और ई-रिक्शा को मुख्य मार्ग से हटाकर सकरी गली में ले गया। सुनसान गली में लूटपाट का आरोपपूर्व नौसेना अधिकारी के मुताबिक, गली सुनसान होने के बाद चालक ने उनके साथ मारपीट की और उनका सामान लूट लिया। उन्होंने आरोप लगाया कि चालक ने उनका मोबाइल फोन, करीब 10 हजार रुपये नकद, आधार कार्ड, पैन कार्ड, एसबीआई डेबिट कार्ड और नौसेना का पहचान पत्र ले लिया। इसके बाद उन्हें ई-रिक्शा से धक्का देकर चालक मौके से फरार हो गया। चोट लगने के बाद परिवार को दी सूचनाई-रिक्शा से गिरने के कारण ब्रिज मोहन शर्मा को चोटें आईं। घटना के बाद उन्होंने किसी तरह परिवार को सूचना दी। परिजन उन्हें लेकर दोबारा जिला अस्पताल पहुंचे, जहां उनका उपचार कराया गया। इसी दौरान पुलिस को भी घटना की जानकारी दी गई। सीसीटीवी से चालक की तलाशघटना की सूचना मिलने के बाद पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। पुलिस आसपास के रास्तों और संभावित घटनास्थल के सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रही है, ताकि ई-रिक्शा और चालक की पहचान की जा सके।एसएचओ अतुल कुमार ने बताया कि पूर्व नौसेना अधिकारी की डाक्टरी करा दी गई है। पुलिस सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रही है और शिकायत के आधार पर मामले की जांच की जा रही है।
शिवपुरी में मोबाइल झपटमारी की तीन घटनाओं का पुलिस ने खुलासा किया है। कोतवाली पुलिस ने एक आरोपी को गिरफ्तार किया है, जबकि उसके साथ एक नाबालिग को भी पकड़ा गया है। पुलिस ने तीन मोबाइल फोन और वारदात में इस्तेमाल इलेक्ट्रिक स्कूटी बरामद की है। बरामद सामान की कुल कीमत करीब 2 लाख रुपए बताई गई है। कोतवाली थाना प्रभारी रोहित दुबे के मुताबिक, पहली घटना 31 अगस्त को हुई थी। पोहरी के बीलवराकला निवासी अरुण वर्मा मनियर टोल टैक्स के पास खड़े थे। इसी दौरान स्कूटी सवार दो युवक उनका एप्पल मोबाइल छीनकर भाग गए। दूसरी घटना 12 सितंबर को हुई। अभिषेक ओझा खंडेलवाल फैक्ट्री के पास खड़े थे। तभी स्कूटी सवार दो युवक उनका वीवो मोबाइल छीनकर फरार हो गए। वहीं तीसरी घटना 18 सितंबर को हुई। शाहरुख खान खंडेलवाल फैक्ट्री बायपास रोड से गुजर रहे थे। इसी दौरान स्कूटी सवार बदमाशों ने उनका ओप्पो मोबाइल छीन लिया। एक ही तरीके से मोबाइल छीनकर भागते थे पुलिस के मुताबिक, तीनों घटनाओं में आरोपियों ने एक जैसा तरीका अपनाया। वे स्कूटी से आते थे और राह चलते लोगों का मोबाइल छीनकर फरार हो जाते थे। लगातार हो रही घटनाओं को देखते हुए टीआई रोहित दुबे ने अलग-अलग पुलिस टीमें बनाई थीं। टीमों ने शहर में करीब 50 CCTV कैमरों के फुटेज खंगाले और आरोपियों के वारदात करने के तरीके को ट्रैक किया। रेलवे स्टेशन से आरोपी पकड़ा गया पुलिस के मुताबिक, CCTV फुटेज और जांच के आधार पर आरोपियों की पहचान और लोकेशन का पता चला। इसके बाद पुलिस ने 20 सितंबर को शिवपुरी रेलवे स्टेशन से रिंकू शाक्य को पकड़ा। रिंकू शाक्य (22) सुरेश शाक्य का बेटा है और झींगुरा, थाना फिजिकल, शिवपुरी का रहने वाला है। 3 मोबाइल और इलेक्ट्रिक स्कूटी बरामद पुलिस के अनुसार, पूछताछ के बाद तीनों वारदातों में झपटे गए मोबाइल फोन बरामद किए गए। वारदात में इस्तेमाल इलेक्ट्रिक स्कूटी भी पुलिस ने जब्त की है। पुलिस के मुताबिक, बरामद मोबाइल और स्कूटी समेत सामान की कुल कीमत करीब 2 लाख रुपए है। रिंकू के साथ पकड़ा गया दूसरा युवक नाबालिग निकला। पुलिस ने दोनों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है।
शिवपुरी जिला अस्पताल में भर्ती 13 साल की बच्ची के पिता ने ड्यूटी पर मौजूद नर्स पर दुर्व्यवहार और मोबाइल छीनने का आरोप लगाया है। पिता के मुताबिक, उन्होंने बच्ची को खाने में क्या दिया जाए, इसकी जानकारी मांगी थी। मामले की लिखित शिकायत सिविल सर्जन से की गई है। अस्पताल प्रबंधन ने शिकायत की जांच कराने की बात कही है। साहिशपुरा निवासी अरसद अली के मुताबिक, उनकी 13 साल की बेटी टाइफाइड के बाद डॉक्टर की सलाह पर जिला अस्पताल में भर्ती है। सोमवार को बेटी को भूख लगी थी। अरसद को बीमारी के दौरान बच्ची को खाने में क्या दिया जाना चाहिए, इसकी जानकारी नहीं थी। इसी संबंध में उन्होंने ड्यूटी पर मौजूद नर्स से जानकारी मांगी। वीडियो बनाने पर मोबाइल छीना अरसद अली का आरोप है कि सवाल पूछने पर नर्स नाराज हुई। उनके साथ गलत व्यवहार किया। उनका कहना है कि जब उन्होंने घटनाक्रम का वीडियो बनाने की कोशिश की तो नर्स ने उनका मोबाइल छीन लिया। संबंधित नर्स ने पिता के आरोपों से इनकार किया है। नर्स का कहना है कि उनकी ओर से किसी तरह का गलत व्यवहार नहीं किया गया। CCTV फुटेज देखेगा अस्पताल प्रबंधन सिविल सर्जन डॉ. आरपी सिंह चौहान ने बताया कि उन्हें मामले की लिखित शिकायत मिली है। शिकायत की जांच के दौरान जिला अस्पताल में लगे CCTV कैमरों की फुटेज देखी जाएगी। संबंधित स्टाफ से भी पूछताछ की जाएगी। उन्होंने बताया कि जांच में सामने आए तथ्यों के आधार पर कार्रवाई की जाएगी।
हिसार की गणेश मार्केट में सोमवार को चोरी का अनोखा मामला सामने आया है, जहां चोर और मोबाइल मालिक एक ही दुकान पर पहुंच गए। जानकारी के अनुसार, मालिक मोबाइल चोरी होने के बाद नया फोन लेने गणेश मार्केट की शिवाय मोबाइल शॉप नंबर-68 पर पहुंचा था। इसी दौरान फोन बेचने चोर वहां आ गए और दुकानदार को फोन बेचने की बात कही। दुकानदार ने कहा कि इसका डिब्बा और बिल चाहिए, इस पर एक चोर ने कहा कि मेरे पास ना बिल है ना ही इसका डिब्बा है। दुकानदार ने फोन का लॉक नंबर पूछा तो वह बता नहीं पाया। इसी दौरान साथ खड़े मोबाइल मालिक ने अपना फोन पहचान गया और कहने लगा मैं इसका पिन खोल देता हूं। उसने पिन नंबर लगाया और लॉक खुल गया। इसके बाद दो चोरों को मौके पर पकड़कर डायल 112 बुलाकर चोर को पुलिस के हवाले कर दिया। नहर में नहाने के दौरान चुराया मोबाइल दुकानदार सुमित के अनुसार, इस घटना के बाद उन्हें मोबाइल मालिक ने बताया था कि एक दिन पहले वह दोस्तों के साथ गया था। वहां फोन चोरी करने वाले युवक भी आए थे। वह अपने मोबाइल बैग में रख नहर में नहाने लगे। नहाने के बाद बैग चेक किया तो एक मोबाइल गायब मिला। आज जब चोर मोबाइल बेचने आए तो पकड़े गए। पुलिस बोली- एक दिन पहले चोरी हुए थे फोन डायल 112 पर तैनात पुलिसकर्मियों ने बताया कि सिटी थाना पुलिस को सूचना मिलते ही वह पहुंच गए और मौके से दो चोरों को पकड़ लिया है। 1 दिन पहले ही मोबाइल चोरी की शिकायत थाने में आई थी। आज ये चोर खुद ही मोबाइल बेचने पहुंच गए, जहां असल मालिकों ने फोन पहचान लिए और पुलिस को सूचित कर दिया। दुकानदार बोले- शराब पी हुई थी वहीं मार्केट के दुकानदारों ने बताया कि यह दोनों चोर खुद को हिसार का बता रहे थे और इन्होंने शराब पी हुई थी। दुकानदारों ने बताया कि चोर बता रहे थे कि डायल 112 मत बुलाओं हम दूसरा फोन जो घर रखा है वो लाकर दे देंगे।
डीग में साइबर ठगी का खुलासा, 6 आरोपी गिरफ्तार; थार-क्रेटा समेत मोबाइल और फर्जी सिम जब्त
डीग में ऑपरेशन काउण्टडाउन के तहत पुलिस ने 6 साइबर ठगों को गिरफ्तार किया। 5 मोबाइल, 6 फर्जी सिम, थार-क्रेटा और नकदी जब्त हुई।
समस्तीपुर के शिवाजीनगर थाना क्षेत्र के अखतवारा गांव में 10 सितंबर की रात एक बुजुर्ग महिला के घर हुई लूटपाट और मारपीट का पुलिस ने खुलासा किया है। पुलिस के मुताबिक, बुजुर्ग महिला को सबक सिखाने के लिए यह साजिश रची गई थी। इसी के तहत दो नकाबपोश युवक घर में घुसे थे। उन्होंने महिला के साथ मारपीट कर जेवर, नकदी और मोबाइल लूट लिया था। पुलिस ने इस मामले में सिसई गांव के शिवम कुमार और अखतवारा गांव की मनीषा कुमारी को गिरफ्तार किया है। दोनों को कोर्ट भेज दिया गया है। पुलिस ने लूटे गए गहने, मोबाइल और वारदात में इस्तेमाल सामान भी बरामद कर लिया है। 11 सितंबर को दर्ज कराई थी शिकायत सोमवार को शिवाजीनगर थाना परिसर में रोसड़ा एसडीपीओ संजय कुमार सिन्हा ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर मामले की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि अखतवारा गांव की पूनम देवी, जो रामचंद्र मंडल की पत्नी हैं, ने 11 सितंबर को थाने में शिकायत दर्ज कराई थी। पूनम देवी ने बताया था कि 10 सितंबर की रात करीब 10 बजे वह घर में अकेली सो रही थीं। तभी दो नकाबपोश बदमाश घर में घुस आए। जब उनकी नींद खुली और उन्होंने विरोध किया, तो बदमाशों ने उनके साथ मारपीट की। इसके बाद वे घर में रखे और उनके पहने हुए गहने लूटकर भाग गए। इस घटना के बाद शिवाजीनगर थाना में अज्ञात बदमाशों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई। मामले की गंभीरता को देखते हुए थानाध्यक्ष रवींद्र कुमार के नेतृत्व में एक खास टीम बनाई गई। तकनीकी सबूतों, मानवीय सूचना के आधार पर आरोपी को पकड़ा पुलिस ने तकनीकी सबूतों और मिली जानकारी के आधार पर सिसई गांव के संदीप मंडल के बेटे शिवम कुमार को पकड़ा। पुलिस के अनुसार, पूछताछ में शिवम ने अपना जुर्म कबूल कर लिया। उसके बयान के आधार पर पुलिस बाकी आरोपियों तक पहुंची। पुलिस की पूछताछ में शिवम ने बताया कि वह अपने साथी शिवकुश उर्फ लोहा सिंह के साथ 10 सितंबर की रात अखतवारा गांव पहुंचा था। उन्होंने महिला को पाइप से पीटा और गहने व मोबाइल लेकर फरार हो गए। दोनों कथित तौर पर घर के पीछे से छत पर चढ़े और फिर सीढ़ी के सहारे घर के आंगन में दाखिल हुए। शिवम ने लाल रंग की शर्ट और गमछे से चेहरा ढका था, जबकि शिवकुश ने मास्क लगा रखा था। पुलिस के अनुसार, दोनों ने कमरे में पहुंचकर बुजुर्ग महिला के साथ मारपीट की। इस दौरान पानी के पाइप से भी महिला को पीटा गया। आरोप है कि बदमाशों ने महिला से गहने और रुपये मांगे। इसके बाद मंगलसूत्र, कान की बाली, अंगूठी, पायल, नकदी और नोकिया कंपनी का कीपैड मोबाइल लेकर फरार हो गए। जाते समय महिला को कमरे में बाहर से बंद करने की बात भी पुलिस ने बताई है। लूट के बाद मोबाइल से भेजी तस्वीर पुलिस के मुताबिक, घटना के बाद आरोपियों ने कथित तौर पर महिला के मोबाइल से मनीषा कुमारी को फोन किया और वारदात होने की जानकारी दी। इसके बाद बुजुर्ग महिला की तस्वीर भी वाट्सऐप के माध्यम से भेजे जाने की बात सामने आई है। पुलिस का कहना है कि आरोपियों के बीच लूटे गए सामान और रुपये का बंटवारा हुआ था। पुलिस ने शिवम के पास से लूट का नोकिया कीपैड मोबाइल, सोने जैसा कान का एक जोड़ा टॉप्स और चांदी जैसी पायल बरामद की है। इसके अलावा घटना में इस्तेमाल ओप्पो और वीवो कंपनी के मोबाइल, वारदात के समय पहनी गई शर्ट, चेहरे पर बांधा गया गमछा, महिला से मारपीट में इस्तेमाल पीवीसी पाइप का टुकड़ा और धमकी भरी पर्ची भी बरामद किए जाने की बात पुलिस ने कही है। सास से विवाद को लेकर साजिश रचने का आरोप पुलिस के अनुसार, पूछताछ में शिवम ने दावा किया कि मनीषा कुमारी का अपनी सास से पहले से विवाद चल रहा था। इसी विवाद को लेकर उसने कथित तौर पर अपनी सास को सबक सिखाने के लिए शिवम से मदद मांगी। पुलिस के मुताबिक, पहले कथित रूप से बुजुर्ग को नुकसान पहुंचाने की योजना पर शिवम पीछे हट गया था, लेकिन बाद में लगातार संपर्क और पैसों के लालच के बाद वह वारदात के लिए तैयार हो गया। पूछताछ में शिवम ने पुलिस को यह भी बताया कि घटना से पहले उसे बुजुर्ग महिला के घर में अकेले होने की जानकारी दी गई थी। पुलिस इस पूरे घटनाक्रम में मनीषा कुमारी की भूमिका की जांच कर रही है। पुलिस से बचने के लिए मुंबई भागने की थी तैयारी पुलिस के अनुसार, वारदात के बाद दोनों आरोपियों को पुलिस की कार्रवाई की भनक लग गई थी। इसके बाद मुंबई भागने की तैयारी की जा रही थी। शिवम कथित तौर पर घटना में लूटे गए मोबाइल में अपनी मां का सिम डालकर उसका इस्तेमाल करने लगा। इसी तकनीकी साक्ष्य के आधार पर पुलिस उस तक पहुंची और उसे गिरफ्तार कर लिया। एसडीपीओ संजय कुमार सिन्हा ने बताया कि मामले में अन्य पहलुओं की भी जांच की जा रही है। गिरफ्तार दोनों आरोपियों को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है। आरोपियों का आपराधिक इतिहास भी खंगाला जा रहा है।
राजस्थान में फोन, मोबाइल ऐप या डीलर के माध्यम से घरेलू गैस की तर्ज पर उर्वरक बुकिंग का प्रस्ताव
किसानों को उर्वरक प्राप्त करने के लिए अनावश्यक भागदौड़, कतार और जटिल प्रक्रिया से राहत देने की दिशा में राज्य सरकार एक नई एवं किसान हितैषी व्यवस्था लागू करने की
जालंधर के किशनपुरा इलाके की गली नंबर 7 में उस समय अफरातफरी का माहौल बन गया, जब एक घर में पेंट का काम करने आए मजदूर पर मोबाइल फोन चुराने का गंभीर आरोप लगा। पीड़ित परिवार का दावा है कि उनके घर से गायब हुआ फोन सीधेन मजदूर की जेब से बरामद हुआ, जिसके बाद मौके पर काफी बहसबाजी और हंगामा हुआ। हालांकि, घटना की सूचना मिलने के बावजूद परिजनों ने पुलिस को नहीं बुलाया, जिसके चलते आरोपी मजदूर अपना साइकिल और सामान वहीं छोड़कर मौके से फरार होने में कामयाब रहा। चाय देने के बहाने घर में घुसा और उठा लिया फोन पीड़ित परिवार के अनुसार, उन्होंने अपने घर में पेंट का काम कराने के लिए स्थानीय मजदूर को बुलाया था। काम के दौरान परिवार के बुजुर्ग (पिताजी) ने उसे चाय देने के लिए कहा। आरोप है कि इसी दौरान मजदूर की नीयत बिगड़ गई और उसने कमरे में रखा मोबाइल फोन चुपके से उठाकर अपनी जेब में रख लिया। जब परिजनों को फोन गायब मिला और उन्होंने शक के आधार पर उसकी तलाशी ली, तो गायब हुआ मोबाइल फोन उसी की जेब से निकल आया। आरोपी ने किया मारपीट का दावा रंगे हाथों पकड़े जाने पर जब परिजनों और आसपास के लोगों ने आरोपी को घेरा, तो उसने फोन चोरी की बात से साफ इनकार कर दिया। आरोपी मजदूर खुद को बेकसूर बताता रहा और आरोप लगाने लगा कि उसके साथ मारपीट की गई है। वहीं दूसरी ओर, परिजनों का कहना था कि वे कोई झूठा आरोप नहीं लगा रहे हैं, बल्कि फोन सीधे उसकी जेब से ही बरामद हुआ है। बिना पुलिस कार्रवाई के मौके से भागा आरोपी हंगामे और बहसबाज़ी के दौरान परिजनों ने कोई सख्त कानूनी कदम नहीं उठाया और न ही पुलिस को फोन करके मौके पर बुलाया। इसी ढील का फायदा उठाकर संदिग्ध आरोपी वहां से चुपचाप रफूचक्कर हो गया। परिजनों का कहना है कि वे किसी तरह के कानूनी पुलिस झमेले में नहीं पड़ना चाहते थे, इसलिए उन्होंने उसे जाने दिया। हालांकि, आरोपी भागते समय अपना साइकिल और काम का सामान वहीं गली में छोड़ गया है।
यह सुविधा भोपाल, रानी कमलापति, संत हिरदाराम नगर, इटारसी और बीना स्टेशन पर उपलब्ध होगी। भोपाल स्टेशन पर 10 एम-यूटीएस सहायक रहेंगे, जबकि रानी कमलापति, संत हिरदाराम नगर, इटारसी और बीना स्टेशन पर 6-6 सहायक तैनात किए जाएंगे।
छोटे शहर के अनोखे आकर्षण और देसी ह्यूमर से दर्शकों का दिल जीतने वाली बहुचर्चित वेब सीरीज 'दुपहिया' (Dupahiya Season 2) अपने दूसरे सीजन के साथ वापसी के लिए पूरी तरह तैयार है। प्राइम वीडियो पर रिलीज हुए इसके धमाकेदार ट्रेलर ने एक बार फिर काल्पनिक गांव 'धड़कपुर' की अनोखी और गोलमटोल दुनिया में हलचल मचा दी है। कभी भारत का एकमात्र अपराध-मुक्त (Crime-Free) गांव माना जाने वाला धड़कपुर अब एक नई मुसीबत के मुहाने पर खड़ा है। इस बार गांव के पूर्व सरपंच बनवारी झा की बंजर जमीन पर लगने वाला एक नया मोबाइल टावर पूरे गांव में अफवाहों, अंधविश्वास, और भयंकर अफरा-तफरी का कारण बन जाता है। 'दुपहिया' सीज़न 2 का ट्रेलर: धड़कपुर में क्या होता है? धड़कपुर कभी भारत का एकमात्र अपराध-मुक्त गाँव माना जाता था। लेकिन अब हालात बदल गए हैं। 'दुपहिया' का ट्रेलर बनवारी और उसके परिवार की वापसी दिखाता है, जो एक बार फिर नई मुश्किलों में फँस गए हैं। इस बार, बनवारी की बंजर ज़मीन पर लगने वाला एक नया मोबाइल टावर अफ़वाहों, अंधविश्वास और अफ़रा-तफ़री का केंद्र बन जाता है। इस बीच, रोशनी अपने SSC एग्ज़ाम की तैयारी में व्यस्त है और अमावस उसके साथ है। एक के बाद एक आती मुश्किलों के बीच, बड़ा सवाल यह है कि क्या धड़कपुर हालात को काबू में रख पाएगा। नया सीज़न छोटे शहर के उस आकर्षण और अनोखे ह्यूमर को बनाए रखने का वादा करता है जिसने पहले सीज़न को लोकप्रिय बनाया था, साथ ही किरदारों को नई स्थितियों में ले जाता है। गजराज राव, रेणुका शहाणे और स्पर्श श्रीवास्तव ने 'दुपहिया' सीज़न 2 के बारे में बात की डायरेक्टर सोनम नायर ने कहा कि पहले सीज़न को मिले रिस्पॉन्स ने इसकी वापसी को और भी खास बना दिया है। उन्होंने कहा, 'दुपहिया' मेरे दिल के बहुत करीब है, और जब से हमने दर्शकों के सामने पहला सीज़न पेश किया है, तब से यह एक रोमांचक सफ़र रहा है। दर्शकों ने पहले सीज़न के लिए जो प्यार दिखाया है और इसके आस-पास जो फ़ैन-बेस बना है, वह बहुत उत्साह बढ़ाने वाला रहा है। मुझे पूरा भरोसा है कि दूसरे सीज़न को भी उतना ही उत्साह मिलेगा। प्राइम वीडियो ने हमेशा क्रिएटर्स और नई, असली और अनोखी कहानियाँ सुनाने के उनके जुनून का समर्थन किया है। इस कास्ट और क्रू के साथ दोबारा काम करना बहुत संतोषजनक रहा है, जिन्होंने इस बार सच में बेहतरीन काम किया है। बनवारी झा का किरदार निभाने वाले गजराज राव ने कहा कि शो की छोटे शहर वाली सेटिंग उन चीज़ों में से एक है जो इसे हर जगह के दर्शकों से जोड़ती है। “'दुपहिया' मेरे पसंदीदा प्रोजेक्ट्स में से एक रहा है। इस सीरीज़ की खासियत यह है कि भले ही इसकी कहानी एक छोटे से, पारंपरिक गाँव में सेट है, लेकिन इसके किरदार, उनके रिश्ते और उनकी रोज़मर्रा की मुश्किलें हर किसी को अपनी-अपनी सी लगती हैं-चाहे आप किसी छोटे शहर में रहते हों, बड़े मेट्रो शहर में या भारत के बाहर। सीज़न 2 में और भी ज़्यादा उथल-पुथल और सरप्राइज़ देखने को मिलेंगे, और साथ ही वही अपनापन और मज़ा भी होगा जिससे दर्शक पहले सीज़न में जुड़ पाए थे। मुझे बेसब्री से इंतज़ार है कि 1 अक्टूबर को जब 'दुपहिया' का सीज़न 2 प्राइम वीडियो पर रिलीज़ होगा, तो सब लोग धड़कपुर वापस आएँगे,” उन्होंने कहा। पुष्पलता के रोल में वापसी कर रहीं रेणुका शहाणे ने भी सीरीज़ में लौटने के बारे में बात की। “पहले सीज़न का अनुभव बहुत शानदार रहा था, इसलिए पुष्पलता के तौर पर 'दुपहिया' में वापसी का मुझे बेसब्री से इंतज़ार था। इस सीरीज़ की जो बात मुझे पसंद है, वह यह है कि यह आम पलों में भी मज़ा ढूँढ लेती है और साथ ही किरदारों को ज़मीन से जुड़ा और असली बनाए रखती है। सीज़न 2 में नई चुनौतियाँ और दाँव-पेच देखने को मिलेंगे, लेकिन धड़कपुर की असली जान-वहाँ के लोग और उनका अनोखापन- वैसे ही बरकरार है।” भूगोल का रोल निभाने वाले स्पर्श श्रीवास्तव ने कहा कि नए सीज़न में उन्हें अपने किरदार के और भी कई पहलू जानने का मौका मिला। उन्होंने कहा “भूगोल उन किरदारों से अलग है जो मैंने अब तक निभाए हैं। ऊपर से देखने पर वह सीधा-सादा लग सकता है, लेकिन उसमें उससे कहीं ज़्यादा गहराई है। उसका रोल निभाते हुए मुझे उन छोटी-छोटी बारीकियों और विरोधाभासों को खोजने में मज़ा आता है जो उसे अनप्रेडिक्टेबल बनाते हैं। नए सीज़न ने मुझे उन सीमाओं को और आगे ले जाने का मौका दिया, और यह मेरे करियर के सबसे संतोषजनक अनुभवों में से एक रहा है।” 'दुपहिया' सीज़न 2 कब रिलीज़ हो रहा है? सोनम नायर द्वारा निर्देशित, 'दुपहिया' का दूसरा सीज़न वहीं से शुरू होता है जहाँ पहला चैप्टर खत्म हुआ था। सलोना बैंस जोशी और शुभ शिवदासानी ने बॉम्बे फिल्म कार्टेल एलएलपी के तहत इस सीरीज़ को बनाया और प्रोड्यूस किया है। अविनाश द्विवेदी और चिराग गर्ग ने इस शो को बनाया और लिखा है। 'दुपहिया' सीज़न 2 का प्रीमियर 1 अक्टूबर, 2026 को प्राइम वीडियो पर होगा। Entertainment News Hindi Today only at Prabhasakshi
लुधियाना स्थित फतेहगढ़ मोहल्ले में एक धागा (कढ़ाई) फैक्ट्री में 24 वर्षीय युवक का शव लटका मिला। सुबह मालिक पहुंचा तो जानकारी हुई तो उसने पुलिस को सूचना दी। अभी तक युवक के आत्महत्या करने की बात कही जा रही है। हालांकि मामा ने साजिस का शक जताया है। मृतक युवक अमित कुमार बिहार के बेतिया जिले के रहने वाला है। मौके पर सूचना पर पहुंची पुलिस शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा और लोगों के बयान दर्ज किया। मालिक ने बताया कि सुबह पहुंचा तो अमित के मोबाइल में वीडियो रिकॉर्डिंग चल रही थी। पुलिस ने मोबाइल को कब्जे में लिया है। चार पांच दिन पहले ही काम लगा था केशव एम्ब्रॉयडरी नामक इस फैक्ट्री के मालिक रमेश कुमार के अनुसार अमित उनके पास पिछले 4-5 दिनों से ही काम कर रहा था। हालांकि वह उनका पुराना जानकार था और पहले किसी अन्य फैक्ट्री में काम करता था। वह फैक्ट्री में रहता था। उसने कहा था कि सोमवार मंगलवार तक कमरा ले लेगा। अमित ने नाइट शिफ्ट के दौरान पंखे से लटक कर अपनी जान दे दी। सुबह जब फैक्ट्री खोली गई, तो उसका शव फंदे से लटकता मिला। उस समय उसके मोबाइल पर वीडियो रिकॉर्डिंग चल रही थी मृतक के मामा मदन चौधरी ने इस घटना में साजिश की आशंका जताते हुए निष्पक्ष जांच की मांग की है। एक दिन पहले ही मां के खाते में भेजे थे पैसे फैक्ट्री मालिक का कहना है कि अमित ने यह कदम क्यों उठाया इसके बारे में वह कुछ नहीं कह सकते हैं। एक दिन पहले ही अमित ने उनसे पैसे लिए थे और अपनी मां के बैंक खाते में डलवाए थे। अमित ने कहा था कि वह सोमवार या मंगलवार तक कोई कमरा किराए पर ले लेगा। मौत के समय चल रही थी वीडियो कॉल, मौके पर मिले दो नंबर फैक्ट्री मालिक के मुताबिक जब सुबह उन्होंने शव को लटकते देखा तो अमित के मोबाइल फोन पर वीडियो रिकॉर्डिंग चल रही थी। इसके अलावा, मौके से कोई सुसाइड नोट नहीं मिला है, लेकिन वहां दो फोन नंबर जरूर लिखे हुए थे, जो किसके हैं, यह फिलहाल स्पष्ट नहीं है। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर परिजनों की मौजूदगी में शव को नीचे उतारा और सिविल अस्पताल भिजवा दिया। पुलिस ने अमित का फोन भी अपने हवाले ले लिया है। 10 साल से लुधियाना में रह रहा था अमित, परिवार में हैं मां और 3 बहनें मृतक के मामा मदन चौधरी ने बताया कि अमित पिछले 10 से ज्यादा सालों से लुधियाना में रहकर काम कर रहा था। उन्हें इस घटना की सूचना सुबह करीब 10 बजे मिली। उन्होंने बताया कि अमित के परिवार में उसकी मां और तीन बहनें हैं जो बिहार में रहती हैं। मामा मदन चौधरी ने कहा कि अमित बिल्कुल ठीक था और उन्हें यह आत्महत्या नहीं बल्कि कोई साजिश लग रही है। उन्होंने पुलिस से मांग की है कि कानूनी प्रक्रिया के तहत निष्पक्ष जांच की जाए ताकि सच्चाई सामने आ सके।
मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने कहा है कि गरीबों पर कोई टैक्स नहीं लगाया जाएगा, लेकिन पंचायतों को आत्मनिर्भर बनाने के लिए गांवों में चल रहे ईंट-भट्ठे, प्राइवेट स्कूल, व्यावसायिक गतिविधियों और मोबाइल टावरों से पंचायतों को टैक्स जरूर लेना चाहिए। इस राजस्व से गांवों में कचरा प्रबंधन और पेयजल जैसी बुनियादी सुविधाओं को बेहतर किया जा सकता है। इसके साथ ही सीएम ने नए परिसीमन के बाद पंचायत चुनाव कराने की भी बात कही। सोमवार को सीएम होटल ताज में आयोजित 'ग्राम संसद, बिहार चैप्टर' को संबोधित कर रहे थे। इसके पहले कार्यक्रम का उद्घाटन मुख्यमंत्री, उच्च शिक्षा मंत्री संजय सिंह टाइगर और ग्राम संसद के राष्ट्रीय अध्यक्ष संजय मयूख ने किया। मुखिया को बताया सबसे ताकतवर जनप्रतिनिधि मुख्यमंत्री ने कहा कि देश में सबसे ज्यादा पावरफुल जनप्रतिनिधियों में मुखिया शामिल हैं, क्योंकि उनके पास बड़ी संख्या में जिम्मेदारियां और काम होते हैं। मुखिया का चुनाव लड़ना भी आसान नहीं है। पंचायत स्तर पर लोगों से सीधा जुड़ाव होने के कारण मुखिया की भूमिका गांव के विकास में काफी महत्वपूर्ण है। गांवों में टैक्स व्यवस्था लागू करने पर जोर मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने गांवों में स्थानीय स्तर पर राजस्व जुटाने की व्यवस्था विकसित करने की बात कही। बिहार में अभी गांवों में टैक्स की व्यवस्था नहीं है, जबकि दूसरे राज्यों में पंचायतें स्थानीय स्तर पर राजस्व जुटाती हैं। उन्होंने उदाहरण देते हुए कहा कि पश्चिम बंगाल में एक पंचायत से बड़ी मात्रा में राजस्व मिलता है। मुख्यमंत्री ने कहा कि गांव में यदि कोई फैक्ट्री चल रही है, मोबाइल टावर लगाया जा रहा है या अन्य व्यावसायिक गतिविधियां हो रही हैं, तो उनसे टैक्स के रूप में राजस्व प्राप्त होना चाहिए। इससे पंचायतों की आर्थिक स्थिति मजबूत होगी और आम लोगों को भी इसका लाभ मिलेगा। पंचायत चुनाव से पहले इस तरह की व्यवस्था तैयार करने पर काम किया जाना चाहिए। पंचायत प्रतिनिधियों से भी अपने-अपने गांवों की जरूरतों और संभावनाओं की रिपोर्ट तैयार कर सरकार को देनी चाहिए। परिसीमन के बाद होगा अगला पंचायत चुनाव मुख्यमंत्री ने पंचायत चुनाव को लेकर भी महत्वपूर्ण जानकारी दी। उन्होंने कहा कि पंचायत कई गांवों की आबादी काफी ज्यादा है और उनके साथ आसपास के कई गांव भी जुड़े हुए हैं। उन्होंने अपने गांव का उदाहरण देते हुए कहा कि उनके गांव की आबादी करीब 20 हजार है और उसके साथ तीन अन्य गांव भी सटे हुए हैं। ऐसे में पंचायतों की संरचना और व्यवस्था को नए तरीके से मजबूत करने की जरूरत है। सीएम ने कहा कि नियमानुसार 7,500 की आबादी पर एक पंचायत होनी चाहिए। पंचायतों में बनेगा इंजीनियरिंग सेल मुख्यमंत्री ने कहा कि हर हाल में पंचायती राज विभाग में इंजीनियरिंग सेल बनाया जाना चाहिए। गांवों में सड़क, नाली, भवन, स्ट्रीट लाइट और दूसरी आधारभूत संरचनाओं से जुड़े कामों को बेहतर तकनीकी निगरानी की जरूरत है। कार्यक्रम के दौरान नल-जल योजना, ग्रामीण सड़कों के निर्माण, सौर ऊर्जा आधारित स्ट्रीट लाइट और पंचायतों में डिजिटल गवर्नेंस को लेकर भी चर्चा हुई। मुख्यमंत्री ने कहा कि गांवों में बुनियादी सुविधाओं को बेहतर करने के साथ तकनीक का इस्तेमाल बढ़ाना जरूरी है। बिहार में 50 निजी विश्वविद्यालय खोलने की कल्पना मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने शिक्षा और रोजगार को लेकर भी सरकार की योजनाओं की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि सरकार की चाहती है कि बिहार में कम से कम 50 निजी विश्वविद्यालय खुलें। इससे राज्य में उच्च शिक्षा के अवसर बढ़ेंगे और युवाओं को पढ़ाई के लिए दूसरे राज्यों में नहीं जाना चाहिए। रोजगार को लेकर कहा कि बिहार के बड़ी संख्या में लोग रोजगार और मजदूरी के लिए दूसरे राज्यों में जाते हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार का लक्ष्य आने वाले वर्षों में राज्य में रोजगार के पर्याप्त अवसर पैदा करना है। अगले पांच साल में एक करोड़ लोगों को रोजगार देने का लक्ष्य मुख्यमंत्री ने कहा कि गांवों में रोजगार और आर्थिक गतिविधियां बढ़ेंगी तो ग्रामीण अर्थव्यवस्था मजबूत होगी और पलायन को कम करने में मदद मिलेगी। वहीं मंत्री संजय सिंह टाइगर ने कहा कि अगर गांव विकसित हो जाएंगे तो लोगों को रोजगार, शिक्षा और बेहतर सुविधाओं के लिए शहरों की ओर देखने की जरूरत कम होगी। इससे गांवों में ही लोगों को बेहतर अवसर मिलेंगे और शहरों पर आबादी का दबाव भी कम होगा।
अस्पताल की अपॉइंटमेंट बुक करना पड़ सकता है भारी! फर्जी ऐप्स से UPI के जरिए हो रही है तगड़ी ठगी
Beware of fake hospital appointment apps stealing money via UPI.
Hidden Apps: क्या आपके बच्चों या पार्टनर ने आपके फ़ोन में ऐप्स छिपाए हैं? मिनटों में ऐसे करें सर्च
pc; security.org अपने मोबाइल फ़ोन पर किसी ऐप को छिपाना कई तरह से फ़ायदेमंद हो सकता है। इससे आप ज़रूरी और कुछ प्राइवेट ऐप्स को दूसरों की नज़रों से छिपा सकते हैं। हालाँकि, यह फ़ीचर काम का तो है, लेकिन कुछ मामलों में यह कई दिक्कतों को न्योता दे सकता है। अगर आप पेरेंट हैं, तो यह फ़ीचर आपके लिए सिरदर्द बन सकता है। क्योंकि अक्सर छोटे बच्चे इस फ़ीचर का इस्तेमाल करके अपने पेरेंट्स की जानकारी के बिना कुछ ऐप्स छिपा लेते हैं और उन्हें बिना पेरेंट्स की जानकारी के इस्तेमाल करते हैं। कुछ ऐप्स ऐसे भी होते हैं जो उनके लिए खतरनाक हो सकते हैं। अगर आपको शक है कि आपके बच्चे आपकी जानकारी के बिना कुछ छिपे हुए ऐप्स इस्तेमाल कर रहे हैं, तो आज की यह खबर आपके लिए यह पता लगाने में काम आ सकती है। इसके लिए दो तरीके इस्तेमाल किए जा सकते हैं… एक है ऐप स्टोर का इस्तेमाल करना और दूसरा है फ़ोन की सेटिंग्स का इस्तेमाल करना। आइए इसके बारे में स्टेप बाय स्टेप जानते हैं। Google Play Store पर जाएँ और ऑप्शन चुनें फ़ोन में छिपे हुए ऐप्स को खोजने का पहला तरीका है Google Play Store पर जाकर सर्च करना। अगर कोई ऐप ऐप ड्रॉअर या होम स्क्रीन से छिपा भी है, तो भी वह इस प्लैटफ़ॉर्म पर दिखेगा अगर उसे साइडलोड नहीं किया गया है। ऐसा करने के लिए, अपने Android स्मार्टफोन पर Google Play Store खोलें। ऊपर दाएं कोने में अपनी प्रोफ़ाइल पर क्लिक करें। उसके बाद, Manage apps and devices ऑप्शन पर क्लिक करें। फिर Manage टैब पर क्लिक करें। पक्का करें कि आपने सबसे ऊपर ‘Device’ चुना हो। iPhone के लिए यह तरीका इस्तेमाल करें अगर आपके पास iPhone है, तो आपका तरीका थोड़ा अलग होगा। इसके लिए, सबसे पहले App Store पर जाएं और स्क्रीन के दाईं ओर प्रोफ़ाइल फ़ोटो पर क्लिक करें। यहां, Your Apps ऑप्शन चुनें। यहां आपको अपने मोबाइल पर डाउनलोड किए गए सभी ऐप्स की लिस्ट दिखेगी। लेकिन ध्यान रखें कि App Store पर, सिर्फ़ वही ऐप्स आपके फ़ोन पर अभी इंस्टॉल हैं जिनमें ‘Open’ बटन है। जिनमें ‘Download’ बटन है, उन्हें अनइंस्टॉल माना जाता है। सेटिंग्स में जाएं और ये स्टेप्स फ़ॉलो करें ऑफिशियल ऐप स्टोर के अलावा, अपने फ़ोन पर छिपे हुए ऐप्स ढूंढने का एक आसान तरीका सेटिंग्स में ऐप लिस्ट देखना है। यह आपको आपके डिवाइस पर अभी इंस्टॉल किए गए सभी ऐप्स दिखाएगा, यहां तक कि वे भी जो जानबूझकर छिपाए गए हैं। हालांकि, ये ऑप्शन स्मार्टफोन बनाने वाली कंपनी के हिसाब से थोड़े अलग हो सकते हैं। अगर आपके पास Google Pixel या Motorola फ़ोन है, तो उसकी सेटिंग्स खोलें। यहां, Apps ऑप्शन पर जाएं और सबसे ऊपर See All ऑप्शन चुनें। अगर आपके पास Samsung फ़ोन है, तो सेटिंग्स में जाएं और Apps ऑप्शन चुनें और फिर फ़िल्टर आइकन पर क्लिक करके Installed by You जैसे ऑप्शन पर क्लिक करें। यहां आपको डाउनलोड किए गए ऐप्स की लिस्ट दिखेगी। iOS पर, आपके छिपे हुए ऐप्स तुरंत ‘Apps’ पेज पर नहीं दिखेंगे। इसके बजाय, वे ‘Hidden Apps’ मेन्यू में छिपे रहते हैं। ये ऐप्स ‘App Library’ के अंदर ‘Hidden Apps’ फ़ोल्डर में भी मिल सकते हैं। हालांकि, इन ऐप्स को खोलने के लिए आपको Face ID या पासकोड की ज़रूरत होगी।
मुजफ्फरपुर के मुसहरी थाना क्षेत्र के राजवाड़ा गांव में एक युवक अपनी पत्नी को साथ रखने की मांग को लेकर मोबाइल टावर पर चढ़ गया। सोमवार सुबह करीब 7:30 बजे टावर पर चढ़े युवक की पहचान राजवाड़ा गांव के वार्ड-7 निवासी रिक्की कुमार (28) के रूप में हुई है। सूचना मिलते ही डायल 112 और मुसहरी थाना की पुलिस मौके पर पहुंची। उसे नीचे उतारने के लिए पुलिस लगातार समझाने की कोशिश कर रही है। ‘5-6 साल से था प्रेम संबंध’ टावर पर मौजूद रिक्की ने फोन पर बताया कि उसका युवती से करीब 5-6 साल से प्रेम संबंध है। दोनों की पहचान कॉलेज में पढ़ाई के दौरान हुई थी। इसके बाद दोनों के बीच नजदीकी बढ़ी और लंबे समय तक एक-दूसरे से बातचीत करते रहे। रिक्की के मुताबिक, उसने 10 अप्रैल 2026 को पूर्वी चंपारण के चकिया स्थित एक मंदिर में युवती से प्रेम विवाह किया था। उसका दावा है कि शादी के बाद युवती के परिवार वाले उसे अपने साथ ले गए और अब पत्नी को उसके साथ रहने नहीं दे रहे हैं। बोला- कई बार बात की, मारपीट का भी आरोप रिक्की ने आरोप लगाया कि पत्नी को वापस साथ लाने के लिए उसने उसके परिवार वालों से कई बार फोन पर बात की। उसका दावा है कि इस दौरान उसके साथ मारपीट भी की गई और उसे वहां से भगा दिया गया। अब मैं थक चुका हूं, जब तक उसकी पत्नी को उसके साथ रहने नहीं दिया जाएगा, वह नीचे नहीं उतरेगा। पुलिस समझाने में जुटी युवक के टावर पर चढ़ने की जानकारी मिलने के बाद आसपास बड़ी संख्या में लोग जुट गए। मौके पर डायल 112 की टीम और मुसहरी थाना की पुलिस मौजूद है। पुलिस युवक को समझाकर सुरक्षित तरीके से नीचे उतारने का प्रयास कर रही है। रिक्की ने टावर से यह भी कहा कि अगर उसकी बात नहीं मानी गई तो वह नीचे नहीं उतरेगा। फिलहाल पुलिस की प्राथमिकता युवक को सुरक्षित नीचे उतारना है। युवक द्वारा शादी और परिवार पर लगाए गए आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि अभी नहीं हुई है।
नौकरी बहाली की मांग को लेकर बर्खास्त रोडवेज संविदा चालक राजू सैनी रविवार को छठवीं बार मोबाइल टावर पर चढ़ गया। सुबह 9:30 बजे अलीगढ़ के क्वार्सी चौराहे के टावर पर चढ़े राजू को उतारने के लिए पुलिस और दमकल ने 14 घंटे तक समझाया।
अलीगढ़ में मोबाइल टावर पर छठवीं बार चढ़ा राजू, यह बोला
अलीगढ़ में मोबाइल टावर पर छठवीं बार चढ़ा राजू, यह बोला
मादक पदार्थ हेरोइन के साथ 5 आरोपियों को पुलिस ने किया गिरफ्तार,मादक पदार्थ की बिक्री की रकम,सोने चांदी के आभूषण सहित अन्य सामान बरामद।
SS रिटेल का ₹500.75 करोड़ का IPO 18 सितंबर को 107.41 गुना भरकर बंद हो चुका है। क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशनल बायर्स के लिए रिजर्व हिस्सा 214.22 गुना, नॉन इंस्टीट्यूशनल इनवेस्टर्स के लिए रिजर्व हिस्सा 150.33 गुना, रिटेल इनवेस्टर्स के लिए रिजर्व हिस्सा 35.81 गुना और कंपनी के कर्मचारियों के लिए रिजर्व हिस्सा 2.72 गुना सब्सक्रिप्शन के साथ बंद हुआ। अब सोमवार, 21 सितंबर को अलॉटमेंट फाइनल होने की उम्मीद है।जिन लोगों ने SS Retail IPO में पैसे लगाए हैं, वे इसकी रजिस्ट्रार Kfin Technologies और स्टॉक एक्सचेंज BSE की वेबसाइट पर जाकर अलॉटमेंट स्टेटस चेक कर सकते हैं। इसकी प्रोसेस इस तरह है...Kfin Technologies की वेबसाइट से https://ipostatus.kfintech.com/ पर जाएं। IPO में SS Retail सिलेक्ट करें। अब एप्लीकेशन नंबर, PAN और डीमैट अकाउंट में से किसी एक को सिलेक्ट कर डिटेल्स एंटर करें। 'Submit' बटन पर क्लिक करें। BSE से कैसे करें चेक https://www.bseindia.com/investors/appli_check.aspx पर जाएं। इश्यू का टाइप 'इक्विटी' चुनें। ड्रॉपडाउन मेन्यू से SS Retail IPO चुनें। एप्लीकेशन नंबर या PAN डिटेल्स एंटर करें। 'कैप्चा' डालें। 'सर्च' बटन पर क्लिक करें। कंपनी के शेयरों की लिस्टिंग NSE और BSE पर 23 सितंबर को हो सकती है, जो कि अच्छे गेन में होने की उम्मीद है। ग्रे मार्केट में शेयर 34.67 प्रतिशत प्रीमियम पर ट्रेड कर रहा है। ग्रे मार्केट एक अनऑथराइज्ड मार्केट है, जहां किसी कंपनी के शेयर उसकी लिस्टिंग तक ट्रेड करते हैं। इसके संकेत लिस्टिंग के दिन सच हो जाएं, ऐसा जरूरी नहीं है।SS Retail IPO में ₹360.75 करोड़ के 85.08 लाख नए शेयर जारी हुए। साथ ही ₹140 करोड़ के 33.02 लाख शेयरों का ऑफर फॉर सेल (OFS) रहा। कंपनी ने IPO से पहले एंकर निवेशकों से ₹146.40 करोड़ जुटाए। प्राइस बैंड ₹403-₹424 प्रति शेयर था।क्या करती है SS Retailकंपनी मोबाइल फोन, एक्सेसरीज और दूसरे इलेक्ट्रॉनिक सामान बेचने वाली एक मल्टी-ब्रांड रिटेल चेन है। यह महाराष्ट्र, कर्नाटक, मध्य प्रदेश, गोवा और गुजरात में काम करती है। इसका फोकस मुख्य रूप से टियर II, टियर III और उससे छोटे शहरों पर है। कंपनी अपने खुद के ब्रांड SS Mobile, Mobile Exchange Wala और The Mobile Space के तहत स्टोर चलाती है। कंपनी खुद के स्टोर और फ्रेंचाइजी वाले स्टोर, दोनों तरह के मॉडल के तहत काम करती है।इसके प्रोडक्ट्स में मोबाइल फोन, पहले इस्तेमाल किए जा चुके स्मार्टफोन, एक्सेसरीज, टेलीविजन, लैपटॉप और टैबलेट शामिल हैं। साथ ही यह मोबाइल प्रोटेक्शन प्लान, EMI सुविधा, एंटी-थेफ्ट सॉफ्टवेयर और मोबाइल रिचार्ज जैसी सर्विसेज भी देती है।Jindal Supreme IPO 177 गुना भरकर बंद, ग्रे मार्केट में भाग रहा है शेयर; 21 सितंबर को अलॉटमेंटIPO के पैसे कैसे होंगे इस्तेमालSS रिटेल अपने पब्लिक इश्यू में नए शेयरों को जारी कर होने वाली कमाई का इस्तेमाल वित्त वर्ष 2027 और 2028 के दौरान नए स्टोर्स खोलने के लिए 'फिट-आउट' (सजावट और जरूरी साजो-सामान) को लेकर, वर्किंग कैपिटल जरूरतों को पूरा करने के लिए और आम कॉरपोरेट उद्देश्यों के लिए करेगी।SS Retail का वित्त वर्ष 2025-26 में रेवेन्यू 47 प्रतिशत बढ़कर ₹2,352.85 करोड़ रहा। शुद्ध मुनाफा 49 प्रतिशत की बढ़ोतरी के साथ ₹59.28 करोड़ दर्ज किया गया। इस बीच कंपनी पर ₹162.59 करोड़ की उधारी थी। एक साल पहले रेवेन्यू ₹1,599.96 करोड़ और शुद्ध मुनाफा ₹39.86 करोड़ रहा था।Disclaimer: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।
कमरे से चार्जिंग पर लगा मोबाइल हुआ चोरी
अम्बाला | भड़ौग मोड़ के पास एक कमरे से चार्जिंग पर लगा मोटोरोला मोबाइल चोरी होने का मामला सामने आया है। उत्तर प्रदेश निवासी शशांक मिश्रा ने पुलिस को बताया कि वह भड़ौग रोड स्थित हरे कृष्ण पेट्रोल पंप डेयरी में काम करता है। सुबह करीब 8:30 बजे उसने अपना मोबाइल कमरे के अंदर चार्जिंग पर लगाया था। इसी दौरान दो युवक वहां पहुंचे और कमरे के भीतर से फोन उठाकर बाहर निकल गए। बताया गया कि दोनों युवक बाइक पर बैठकर मौके से फरार हो गए।
बच्चा रोया, तो मोबाइल दे दिया। खाना नहीं खा रहा, तो वीडियो चला दिया। माता-पिता व्यस्त हुए तो बच्चे को फोन थमा दिया। कोविड के दौरान और बाद में ऐसा लाखों घरों में होता रहा। अब कुछ परिवार उन्हीं बच्चों को लेकर थेरेपी सेंटर में उनकी बारी का इंतजार कर रहे हैं। बच्चों में देर से बोलने, कम आई कॉन्टैक्ट, मेलजोल नहीं रखने, हाइपर एक्टिव होने जैसी दिक्कतें सामने आ रही हैं। डॉक्टर और थेरेपिस्ट इन्हें ‘वर्चुअल ऑटिज्म’ कह रहे हैं, यानी ज्यादा स्क्रीन टाइम की वजह से बच्चों में ऑटिज्म से जुड़े लक्षण दिख रहे हैं। 7 राज्यों में पड़ताल, हर जगह लगभग एक जैसी तस्वीर.. हमने जानने की कोशिश की कि सरकारी अस्पतालों में वर्चुअल ऑटिज्म के इलाज की क्या व्यवस्था है। पता चला, ऑटिज्म के ट्रीटमेंट के लिए बनाए गए डिस्ट्रिक्ट अर्ली इंटरवेंशन सेंटर, यानी DEIC में ही बच्चों की शुरुआती जांच, असेसमेंट और थेरेपी होती है। स्वास्थ्य मंत्रालय के 2025 के आंकड़ों के मुताबिक, देश में 451 DEIC हैं। इन सेंटरों में 32 हेल्थ कंडीशन की थेरेपी होती है। इसमें वर्चुअल ऑटिज्म शामिल नहीं है। दैनिक भास्कर की टीम ने दिल्ली के अलावा छह राज्यों की राजधानियों में पड़ताल की। सबसे पहले मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल के DEIC पहुंचे। यहां थेरेपी से जुड़े ज्यादातर कमरों में ताले लगे हैं क्योंकि स्टाफ की नियुक्ति ही नहीं हुई। उत्तर प्रदेश, बिहार, राजस्थान, गुजरात और महाराष्ट्र की राजधानियों में भी तस्वीर कुछ अलग नहीं है। राजस्थान में तो DEIC कागजों में मौजूद है, लेकिन जमीन पर नहीं। बिहार में DEIC दो कमरों में चल रहा है। देश की राजधानी दिल्ली के DEIC में भी थेरेपिस्ट की कमी है। सिलसिलेवार पढ़िए, राज्यों की राजधानियों से पड़ताल… शुरुआत मध्यप्रदेश की राजधानी भोपाल से…भोपाल के शासकीय जयप्रकाश जिला चिकित्सालय में बने DEIC में 2026 में अप्रैल से अगस्त के बीच ऑटिज्म पीड़ित 31 बच्चे आए, लेकिन सिर्फ एक केस वर्चुअल ऑटिज्म का माना गया। सेंटर में इसकी पहचान का अलग असेसमेंट टूल भी नहीं है। सवाल है कि फिर केस डायग्नोस कैसे हुआ। सेंटर में ऑक्युपेशनल थेरेपिस्ट, स्पेशल एजुकेटर, पीडियाट्रिक और ऑप्थैल्मिक असिस्टेंट का पद एक साल से खाली है। थेरेपिस्ट न होने से सेंसर इंटीग्रेशन एरिया में ताला लगा है। ये एरिया खास तरह से डिजाइन किया थेरेपी स्पेस होता है। सेंटर के मैनेजर उज्जवल सिंह के मुताबिक, खाली पदों की जानकारी राज्य सरकार को दी गई है, लेकिन पिछले एक साल में कोई नियुक्ति नहीं हुई। जिस समस्या की गिनती ही नहींं, उसके लिए पॉलिसी-गाइडलाइन कैसे बनेगी उज्जवल सिंह बताते हैं, ‘हमारे पास ऑटिज्म और वर्चुअल ऑटिज्म को अलग करने का टूल नहीं है। इसके लिए स्पष्ट गाइडलाइन की जरूरत है।’ वर्चुअल ऑटिज्म और ऑटिज्म के लक्षण मिलते-जुलते हैं। दोनो के असेसमेंट का टूल भी एक ही है। ऐसे में वर्चुअल ऑटिज्म के बच्चों को भी ऑटिज्म के मामलों में गिना जा रहा है। ये चिंता की बात है, क्योंकि एक्सपर्ट मानते हैँ कि वर्चुअल ऑटिज्म ठीक होने की संभावना होती है, जबकि ऑटिज्म कभी पूरी तरह ठीक नहीं होता। बढ़ते केस और स्टाफ कम होने से थेरेपी में देरी DEIC की साइकोलॉजिस्ट डॉ. नीम्रता दुबे बताती हैं, ‘ओपीडी और फॉलोअप के ज्यादा मामले और कम स्टाफ की वजह से बच्चे को हफ्ते में कई बार बुलाना मुमकिन नहीं होता। इसलिए 15 दिन या एक महीने बाद फॉलोअप होता है। अगर सारा स्टाफ हो और बच्चे को समय पर सही थेरेपी मिल जाए, तो उनमें जल्दी सुधार हो सकता है।’ लॉकडाउन के बाद हर महीने 30-40 नए केस सरकारी सेंटर के बाद हमने प्राइवेट डायग्नोस और थेरेपी सेंटर के काम का तरीका समझा। इसके लिए भोपाल के RAVI सेंटर पहुंचे। ये सेंटर तृप्ति मंगल चलाती हैं। वे 15 साल से ऑटिज्म पर काम कर रही हैं। उनकी बेटी भी ऑटिस्टिक है। तृप्ति बताती हैं, ‘लॉकडाउन से पहले वर्चुअल ऑटिज्म के सालभर में 8 से 15 नए केस मिलते थे। लॉकडाउन के बाद हर महीने 30-40 केस आने लगे। कुछ मामले बेहद गंभीर भी रहे। कुछ बच्चे खुद को मारने, नोंचने या काटने के साथ दूसरों को नुकसान पहुंचाने लगे थे। एक बच्चे ने फोन छीने जाने पर थेरेपिस्ट का ही सिर फोड़ दिया।’ इसी सेंटर पर 8 साल की मायरा मिली। जन्म के अगले दिन मां की मौत हो गई थी। बुआ ने परवरिश की। मायरा रोती, तो उसे मोबाइल दे दिया जाता। वह चुप हो जाती। दो साल की होने तक कुछ नहीं बोलती थी। 6 साल की उम्र में उसकी थेरेपी शुरू कराई गई। जिस मोबाइल ने कभी मायरा को चुप कराया था, आज उसी से दूर करना परिवार के लिए सबसे मुश्किल काम है। ऐसी ही कहानी सोना की है। उसकी मां बताती हैं, ‘वो 2 साल तक बिल्कुल ठीक थी। हम जो शब्द सिखाते, बोलती थी। फिर उसे फोन देखना अच्छा लगने लगा। उसे कोई रोकता भी नहीं था। 2 साल 7 महीने की उम्र तक पहुंचते-पहुंचते सोना ने बोलना बंद कर दिया। 3 साल की हुई, तब उसे डॉक्टर के पास ले गए। अब रोज थेरेपी के लिए सेंटर आती हैं। अभी वो फोन से सीखे हुए कुछ शब्द ही दोहराती है। राजस्थान: राजधानी जयपुर में DEIC कागजों में, जमीन पर नामोनिशान नहीं स्वास्थ्य विभाग के रिकॉर्ड में जेके लोन अस्पताल में DEIC है। हम इसकी पड़ताल के लिए वहां पहुंचे तो पता चला कि यहां सेंटर चल ही नहीं रहा। अस्पताल प्रशासन के मुताबिक, सरकार से DEIC शुरू करने का लेटर मिला है। रिप्रोडक्टिव एंड चाइल्ड हेल्थ की डायरेक्टर डॉ. मधु रितेश्वर बताती हैं कि राजस्थान में करीब 23 जगह DEIC को किसी न किसी रूप में फंक्शनल करने की कोशिश चल रही है। करीब 8 जगह बिल्डिंग तैयार हैं और हैंडओवर की प्रक्रिया बाकी है। अस्पताल में ऑटिज्म पर काम कर रहीं ऑडियोलॉजिस्ट-स्पीच थेरेपिस्ट ट्विंकल कहती हैं, ‘हमारे पास पूरे राजस्थान से वर्चुअल ऑटिज्म के बहुत से बच्चे आते हैं। बच्चों की सबसे पहले ऑक्युपेशनल थेरेपी होती है, ताकि उनकी हाइपर एक्टिवनेस कम हो।’ बिहार: दो कमरों में चल रहा सेंटर, न जगह, न सुविधाएं पटना के गुरु गोविंद सिंह अस्पताल में दो कमरों में DEIC है, यानी पर्याप्त जगह और जरूरी सुविधाएं हीं नहीं हैं। सेंटर के मैनेजर डॉ. रविशंकर सिन्हा कहते हैं कि यहां 2024 से ऑक्युपेशनल थेरेपिस्ट और स्पेशल एजुकेटर की नियुक्ति नहीं हुई। हमारे पास थेरेपी के लिए सबसे जरूरी चीजें ही नहीं हैं। सेंसरी गार्डन और ऑडियोलॉजी रूम नहीं होने से थेरेपी नहीं हो पा रही है। हमने इस बारे में विभाग को बताया है। पटना में ही नालंदा मेडिकल कॉलेज एंड हॉस्पिटल में DEIC के लिए जगह बनाई गई थी, लेकिन यहां फिलहाल कैंसर के मरीजों का इलाज होता है। उत्तरप्रदेश: लखनऊ DEIC में हर रोज 5-10 केस ये सेंटर किंग जॉर्ज मेडिकल यूनिवर्सिटी (KGMU) में है। मैनेजर गौरव सक्सेना के मुताबिक, यहां सात स्टाफ हैं और ज्यादातर जरूरी सेवाएं मिल रही हैं। साइकोलॉजिस्ट डॉ. अमित आर्य के मुताबिक, चाइल्ड OPD में रोजाना 70 से 80 बच्चे आते हैं। इनमें करीब 20 बच्चों में ऑटिज्म के लक्षण दिखाई देते हैं, जिनमें 5 से 10 मामलों में वर्चुअल ऑटिज्म के लक्षण होते हैं। गुजरात: गांधीनगर DEIC में 2 साल से वर्चुअल ऑटिज्म के केस बढ़े गांधीनगर के DEIC में 8 साल की बच्ची मिली। उसके पिता तुषार भारतीय हैं और मां यूक्रेन की हैं। तुषार बताते है कि बेटी 2019 में पैदा हुई थी। तब कोरोना चल रहा था। लॉकडाउन में हम बाहर नहीं जा पा रहे थे। बेटी घर पर बैठे-बैठे मोबाइल देखती थी। इससे उसमें वर्चुअल ऑटिज्म की समस्या बढ़ी। यहां की मैनेजर डॉ. पूजा पटेल के मुताबिक, सेंटर में सभी जरूरी स्टाफ हैं। वहीं, साइकोलॉजिस्ट शिखा शुक्ला बताती हैं कि बीते 2 साल से बहुत ज्यादा वर्चुअल ऑटिज्म के पेशेंट आए हैं। हमने पेरेंट्स को साइको-एजुकेट किया है कि अगर हम अर्ली इंटरवेंशन स्टार्ट कर दें, तो बच्चे के बिहेवियर में काफी हद तक सुधार हो सकता है। दिल्ली: कोविड के बाद वर्चुअल ऑटिज्म के केस 40 से 50% बढ़े दिल्ली में कुल तीन DEIC हैं। इनमें से एक गुरु गोविंद सिंह गवर्नमेंट हॉस्पिटल में है। मैनेजर डॉ. अनिता पंडित हैं। DEIC में सोशल वर्कर ट्विंकल के मुताबिक, कोविड के बाद वर्चुअल ऑटिज्म के केस 40 से 50% बढ़े हैं। रोजाना 6 से 7 ऐसे बच्चे आते हैं। माता-पिता अक्सर सोचते हैं कि बच्चा बाद में बोलने लगेगा, लेकिन हमेशा ऐसा नहीं होता। DEIC में फिलहाल 7 कर्मचारी हैं। जरूरत 10 लोगों की है। ट्विंकल के मुताबिक, स्पीच थेरेपिस्ट, स्पेशल एजुकेटर, पीडियाट्रिक की कमी है। महाराष्ट्र: मुंबई में DEIC नहीं, BMC का अर्ली इंटरवेंशन सेंटर मुंबई शहर में डिस्ट्रिक्ट अर्ली इंटरवेंशन सेंटर नहीं है, लेकिन BMC की तरफ से मुंबई के नायर अस्पताल में अर्ली इंटरवेंशन सेंटर चल रहा है। इसके अलावा साउथ मुंबई के नागपाड़ा में अर्ली इंटरवेंशन एंड रिहैबिलिटेशन सेंटर फॉर चिल्ड्रन है। इसकी प्रमुख डॉ. सुरभि राठी ने बताया कि सेंटर में रोज करीब 120 बच्चे आते हैं। वे आगे बताती हैं, ‘वर्चुअल ऑटिज्म नया कॉन्सेप्ट है, इसलिए अभी इसके मामले कम दर्ज होते हैं। 10 में से एक बच्चा वर्चुअल ऑटिज्म से जुड़ा हो सकता है। इसकी अलग से रिकॉर्डिंग अभी नहीं होती, लेकिन आगे अलग रिकॉर्ड रखने की योजना है।’ छोटे बच्चों के स्क्रीन टाइम पर 31 देशों की गाइडलाइन इंडियन एकेडमी ऑफ पीडियाट्रिक्स की गाइडलाइन के मुताबिक, दो साल तक बच्चों को स्क्रीन से दूर रखना चाहिए। भारत समेत 31 देशों में बच्चों का स्क्रीन टाइम सीमित करने की गाइडलाइन है। उम्मीद चाइल्ड डेवपलमेंट सेंटर्स, भोपाल के डायरेक्टर डॉ. जफर मीनाई कहते है, पेरेंट्स शुरुआती पहचान के लिए चार बातों पर नजर रखें। 1. क्या बोलना शुरू करने के 3-4 महीने बाद ही बच्चे ने बोलना बंद कर दिया?2. बच्चा बोलने की बजाय इशारों में कम्युनिकेशन कर रहा है? 3. वह अपनी ही दुनिया में खोया रहता है? 4. 18 महीने के बाद रुको, बैठो, मत करो जैसे आसान निर्देश समझता है? मेदांता मेडिसिटी की डायरेक्टर डॉ. नीलम मोहन इंडियन एकेडमी ऑफ पीडियाट्रिक्स की प्रेसिडेंट है। सालों से वर्चुअल ऑटिज्म पर काम कर रही हैं। उनका मानना है कि जागरूकता को लेकर पॉलिसी बननी चाहिए। वे नीति आयोग की बैठकों में इसके संबंध में बात करेंगी। ===================== स्टोरी में सहयोग: यूपी से विकास श्रीवास्तव, राजस्थान से सौरव, बिहार से रणजीत, दिल्ली से राजीव नयन चतुर्वेदी, गुजरात से दीपक, महाराष्ट्र से संतोष गायकवाड़
Panipat News: महिला से सोने के आभूषण, मोबाइल और नकदी ठगी
महिला से सोने के आभूषण, मोबाइल और नकदी ठगी
Sonipat News: मोबाइल टावर और इनाम का झांसा देकर 6.85 लाख ठगे
6.85 lakh swindled under the pretext of mobile towers and rewards.
Agra News: मोबाइल चार्जर के विवाद में छात्रों से मारपीट, दो घायल
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Dehradun News: प्रेमनगर में कमरे से लैपटॉप, मोबाइल चोरी, आरोपी गिरफ्तार
Laptop and mobile stolen from a room in
Deoria News: डेढ़ लाख के मोबाइल फोन व नकदी चुराने का बेटे पर आरोप
Son accused of stealing mobile phone and cash.
Deoria News: चोरी के मोबाइल के साथ शातिर गिरफ्तार
Cunning thief arrested with stolen mobile phone
गोपालगंज के नगर थाना क्षेत्र में रविवार देर शाम एक छात्रा की संदिग्ध मौत हो गई। श्याम सिनेमा रोड स्थित किराए के मकान में 20 वर्षीय उजाला कुमारी का शव पंखे से लटका मिला। उसके गले में दुपट्टा बंधा हुआ था। कमरे की स्थिति ने मामले को और संदिग्ध बना दिया। बेड के पास खून के निशान मिले। मोबाइल और सामान भी कमरे में बिखरा हुआ था। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू कर दी। पुलिस आत्महत्या के साथ अन्य संभावनाओं को भी ध्यान में रखकर मामले की जांच कर रही है। देखें, मौके से आई तस्वीरें… सिलसिलेवार पढ़ें, पूरा मामला… मृतका की पहचान सिधवलिया थाना क्षेत्र के सरेया पहाड़ गांव निवासी रघुनाथ शर्मा की बेटी उजाला कुमारी के रूप में हुई है। उजाला तीन भाइयों की इकलौती बहन थी। परिजनों के अनुसार, वह पढ़ाई में काफी होनहार थी और डॉक्टर बनने का सपना देख रही थी। एक साल से किराए के मकान में रह रही थी उजाला पिछले करीब एक साल से श्याम सिनेमा रोड स्थित कौशल किशोर श्रीवास्तव के मकान में किराए पर रहकर ऑनलाइन नीट की तैयारी कर रही थी। रविवार शाम उसके कमरे से जुड़ी जानकारी मिलने के बाद आसपास के लोग मौके पर जुट गए। दरवाजा बाहर से बंद, पंखे से लटका मिला शव स्थानीय लोगों के मुताबिक कमरे का दरवाजा खुला था, लेकिन बाहर से बंद था। शक होने पर लोगों ने दरवाजे से अंदर झांककर देखा तो उजाला का शव पंखे से लटका दिखाई दिया। इसके बाद डायल-112 को सूचना दी गई। कमरे में खून और मोबाइल मिलने से बढ़ा संदेह पुलिस के पहुंचने के बाद कमरे की जांच की गई। बेड के पास खून के निशान और मोबाइल पड़ा मिला। कमरे का सामान भी बिखरा हुआ था। इन परिस्थितियों को देखते हुए पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच शुरू कर दी है। डायल-112 की सूचना पर नगर थाना पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने एफएसएल टीम को भी बुलाया है। टीम कमरे से वैज्ञानिक साक्ष्य जुटा रही है, ताकि घटना की परिस्थितियों का पता लगाया जा सके। परिजन बोले- पढ़ाई को लेकर गंभीर थी घटना की जानकारी मिलने के बाद उजाला के परिजन मौके पर पहुंचे। बेटी की मौत की खबर सुनकर परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल था। परिजनों ने बताया कि उजाला पढ़ाई को लेकर गंभीर थी और डॉक्टर बनने के लक्ष्य के लिए गोपालगंज में रह रही थी। सुसाइड नोट-अन्य सुराग तलाश जारी पुलिस कमरे की तलाशी ले रही है। जांच टीम यह पता लगाने में जुटी है कि कहीं कोई सुसाइड नोट या घटना से जुड़ा अन्य सुराग तो नहीं है। छात्रा के मोबाइल और कॉल डिटेल्स की भी जांच की जा रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद स्पष्ट होगी नगर थाना पुलिस के अनुसार पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद मौत के कारणों को लेकर स्थिति ज्यादा स्पष्ट होगी। फिलहाल पुलिस आत्महत्या की आशंका के साथ-साथ अन्य सभी संभावित पहलुओं को ध्यान में रखकर जांच कर रही है।
जिला मुख्यालय से करीब 60 किमी दूर बागली-चापड़ा के बीच रविवार शाम को हाई वोल्टेज ड्रामा हुआ। यहां 150 फीट से ज्यादा ऊंचे मोबाइल टॉवर पर एक युवती चढ़ गई। उसके ऊपर चढ़ने का पता चलने पर मौके पर भीड़ जमा हो गई।
MP दिनभर में आज दिनभर की 10 चुनिंदा बड़ी खबरों को VIDEO में देखने के लिए ऊपर क्लिक करें। दिनभर की 10 बड़ी खबरों को विस्तार से यहां पढ़ भी सकते हैं। तो आइए जानते हैं, एमपी में आज, क्या रहा खास.. 1. चलती बाइक पर युवक की गोली मारकर हत्या: पीछे बैठे दोस्त ने सिर से सटाकर चलाई गोली भोपाल में चलती बाइक पर युवक की गोली मारकर हत्या कर दी गई। पीछे बैठे दोस्त ने उसके सिर से सटाकर फायरिंग की। तीनों मछली पकड़ने जा रहे थे। घटना निशातपुरा इलाके की है। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। शुरुआती जानकारी के मुताबिक, वारदात के दौरान बाइक पर तीन युवक सवार थे। गोली लगने से एक युवक की मौत हो गई। पुलिस घटना के कारणों और आरोपी की भूमिका की जांच कर रही है। पढ़ें पूरी खबर 2. किसान के सवाल पर भड़के विधायक: बोले- मैं बोल रहा हूं, टोको मत बालाघाट में किसान ने बिजली की समस्या को लेकर विधायक गौरव पारधी से सवाल पूछा। इस दौरान विधायक ने कहा- मैं बोल रहा हूं तो टोको मत। बातचीत का VIDEO सामने आया है। किसान बिजली की समस्या पर जवाब मांग रहा था। वीडियो में विधायक किसान से अपनी बात पूरी होने तक बीच में नहीं बोलने के लिए कहते नजर आ रहे हैं। घटना को लेकर सोशल मीडिया पर चर्चा है। विधायक और किसान के बीच हुई बातचीत के बाद मामले ने तूल पकड़ा। पढ़ें पूरी खबर 3. मजदूरों से भरी ट्रॉली को ट्रक ने मारी टक्कर: 6 साल की बच्ची समेत 2 की मौत मंदसौर में मजदूरों से भरी ट्रैक्टर-ट्रॉली को ट्रक ने जोरदार टक्कर मार दी। हादसे में 6 साल की बच्ची समेत 2 लोगों की मौत हो गई। एक युवती के दोनों पैर कट गए। ट्रॉली में 19 मजदूर सवार थे, जो काम खत्म कर लौट रहे थे। टक्कर इतनी तेज थी कि ट्रॉली में बैठे मजदूरों में चीख-पुकार मच गई। हादसे के बाद घायलों को अस्पताल पहुंचाया गया। पुलिस ने घटना की जांच शुरू कर दी है।पढ़ें पूरी खबर 4. MP में अगले 4 दिन बारिश: भोपाल, इंदौर-उज्जैन के बाद जबलपुर-ग्वालियर में अलर्ट मध्यप्रदेश में सितंबर के आखिरी सप्ताह में तेज बारिश का दौर बन सकता है। अगले 4 दिन भोपाल, इंदौर और उज्जैन में बारिश का अनुमान है। जबलपुर और ग्वालियर में भी अलर्ट जारी किया गया है। मौसम विभाग के मुताबिक मानसून की सक्रियता के चलते प्रदेश के कई हिस्सों में बारिश हो सकती है। सितंबर के आखिरी सप्ताह में एक बार फिर बारिश का दौर तेज होने की संभावना जताई गई है। लोगों को मौसम के बदलाव को देखते हुए सतर्क रहने की सलाह दी गई है। पढ़ें पूरी खबर 5. कुशीनगर एक्सप्रेस के इंजन से धुआं: इटारसी में 55 मिनट बाद बदला इंजन इटारसी में कुशीनगर एक्सप्रेस के इंजन से धुआं उठने के बाद ट्रेन को रोकना पड़ा। करीब 55 मिनट बाद दूसरा इंजन लगाया गया। इस दौरान कई ट्रेनों को रोकना पड़ा। इंजन में तकनीकी समस्या आने के बाद रेलवे ने ट्रेन को इटारसी स्टेशन पर रोका। दूसरे इंजन की व्यवस्था होने तक यात्रियों को इंतजार करना पड़ा। इस वजह से ट्रेनों के संचालन पर भी असर पड़ा। दूसरा इंजन लगाने के बाद कुशीनगर एक्सप्रेस को रवाना किया गया। पढ़ें पूरी खबर 6. इंस्टाग्राम पर दोस्ती, फिजिकल रिलेशन के लिए 10 महीने परेशान किया: आरोपी गिरफ्तार सतना में इंस्टाग्राम पर दोस्ती के बाद युवक ने फिजिकल रिलेशन बनाने के लिए युवती को 10 महीने तक परेशान किया। आरोप है कि उसने साजिश रचकर अपनी गर्लफ्रेंड से युवती को पिटवाया। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। मामले में FIR दर्ज की गई। रिपोर्ट के मुताबिक, FIR के बावजूद 4 सहेलियों को छोड़ दिया गया। पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है। पढ़ें पूरी खबर 7. पांच बच्चों ने बुजुर्ग को पीटा, रुपए छीने-VIDEO: कोई नहीं आया बचाने उज्जैन में पांच बच्चों ने बुजुर्ग भिखारी को पीटा और लात मारी। आरोप है कि बच्चों ने उसके रुपए भी छीन लिए। घटना का VIDEO सामने आया है, जिसमें बच्चे बुजुर्ग को परेशान करते और उसके साथ मारपीट करते दिखाई दे रहे हैं। बुजुर्ग काफी देर तक बच्चों से बचने की कोशिश करता रहा। आसपास लोग मौजूद थे, लेकिन कोई उसे बचाने नहीं आया। पढ़ें पूरी खबर पॉजिटिव खबर 8. रायसेन के दादा धूनी दरबार में डेढ़ किलो सोना अर्पित: 51 दिन में 4-5 किलो चांदी भी चढ़ाई रायसेन के दादा धूनी दरबार में 51 दिनों के दौरान करीब डेढ़ किलो सोना अर्पित किया गया। इस दौरान 4-5 किलो चांदी भी चढ़ाई गई। संत को इंटरनेशनल रिकॉर्ड का प्रमाणपत्र मिला है। दरबार में धार्मिक आयोजन के दौरान श्रद्धालुओं ने सोने-चांदी के आभूषण अर्पित किए। आयोजन पूरा होने के बाद दान की गई सामग्री की मात्रा सामने आई। संत को मिले रिकॉर्ड प्रमाणपत्र को लेकर भी दरबार में चर्चा रही। पढ़ें पूरी खबर खबर जरा हटके 9. मोबाइल देखते समय महिला को सांप ने काटा: चीख सुनकर पति पहुंचा, डॉक्टरों ने बचाई जान दमोह में मोबाइल देखने के दौरान महिला के हाथ में सांप ने काट लिया। महिला के पास ही उसकी बेटी सोई हुई थी। सांप के काटने के बाद महिला ने चीख लगाई, जिसे सुनकर पति मौके पर पहुंचा। इसके बाद महिला को अस्पताल ले जाया गया। डॉक्टरों ने समय पर इलाज शुरू किया और महिला की जान बचाई। घटना के बाद महिला का उपचार किया गया। परिवार ने राहत की सांस ली। पढ़ें पूरी खबर कल का बिग इवेंट 10. निलंबित CSP को लेकर HC में होगी सुनवाई, सरकार से मांगा है जवाब कटनी की निलंबित CSP नेहा पच्चीसिया के मामले में सोमवार को हाईकोर्ट में सुनवाई होगी। उनकी याचिका पर सुनवाई करते हुए सिंगल बेंच ने राज्य सरकार से जवाब मांगा है। सोमवार की सुनवाई में यह तय हो सकता है कि उन्हें मामले में राहत मिलती है या आगे की कार्रवाई जारी रहती है।
रोहतक के ओल्ड हाउसिंग बोर्ड में सड़क पर बैठे कुत्ते ने एक युवती पर अचानक हमला कर दिया। कुत्ते ने युवती को सड़क पर गिराकर उसके दोनों पैरों पर काट लिया। युवती गली में चिल्लाती रही। आखिर में उसने खुद अपने हाथ में लिए मोबाइल से कुत्ते पर हमला किया, जिसके बाद वह भाग गया। युवती के चिल्लाने की आवाज सुनकर आसपास के लोग भी मौके पर पहुंच गए। इसके बाद युवती को PGI ले जाया गया। पूरी घटना वहां लगे CCTV कैमरे में कैद हो गई। स्थानीय लोगों के मुताबिक, कुत्ता करीब आधे घंटे में 5-6 लोगों पर हमला कर चुका है। युवती पर हमले की 3 तस्वीरें… ड्यूटी करके निकलते ही झपटा कुत्ता यह घटना शनिवार शाम की है। दुर्गा भवन की रहन वाली तन्वी खरबंदा ओल्ड हाउसिंग बोर्ड एरिया में नौकरी करती हैं। वह काम करने के बाद घर जा रही थीं। रास्ते में सड़क पर एक कुत्ता बैठा हुआ था। तन्वी जैसे ही उसके पास से गुजरी, कुत्ता अचानक खड़ा हुआ और उस पर झपट पड़ा। कुत्ते ने तन्वी को सड़क पर गिरा दिया और उसके पैर पर काट लिया। एक पैर छोड़ा तो दूसरा पकड़ा तन्वी जमीन पर गिरे-गिरे चिल्लाती रही, लेकिन कुत्ते ने उसका पैरा नहीं छोड़ा। किसी तरह तन्वी ने अपना पैर कुत्ते से छुड़ाया तो कुत्ते ने उसका दूसरा पैर पकड़ लिया। इसके बाद युवती ने उठकर मोबाइल से कुत्ते को मारने लगी। इसके बाद कुत्ता भाग गया। इतने में एक महिला दौड़कर मौके पर पहुंची और तन्वी को संभाला। इसके बाद कॉलोनी के अन्य लाेग भी मौके पर पहुंच गए। फिर तन्वी को इलाज के लिए PGI ले जाया गया। आधे घंटे में 5-6 लोगों पर हमला ओल्ड हाउसिंग बोर्ड के लोगों का कहना है कि यह कुत्ता काफी दिनों से आक्रामक है। करीब आधे घंटे के अंदर उसने 5-6 लोगों पर हमला कर उन्हें काट लिया। लगातार हो रहे हमलों से कॉलोनी में दहशत का माहौल है। लोग रास्ते से गुजरते समय सावधानी बरत रहे हैं। --------------------------------------- ये खबर भी पढ़ें :- बच्चे पर हमला करने वाला डॉग अमेरिकन बुली बताया:ऑनर का दावा- पिटबुल नहीं है; बच्चे के इलाज में ₹4 लाख खर्च, घर बिक चुका सोनीपत में 6 माह के बच्चे पर हमला करने वाले डॉग को अब ‘अमेरिकन बुली’ नस्ल का बताया जा रहा है। डॉग ऑनर ने दावा किया कि ये पिटबुल नहीं है। करीब सात साल पहले इस फीमेल डॉग को खरीदा था। बच्चे का इलाज वे खुद करा रहे हैं। पढ़ें पूरी खबर…
बिहार में मोबाइल बदल रहा है रोजगार का तरीका, गिग अर्थव्यवस्था से थम सकता है पलायन
बिहार में मोबाइल आधारित गिग अर्थव्यवस्था रोजगार के तरीके को बदल रही है, जिससे युवाओं को स्थानीय स्तर पर कमाई के अवसर मिल रहे हैं।
हिमाचल: मोबाइल अचानक हुआ काला, कुछ देर बाद खाते से गायब मिले 30 हजार; ऊना में साइबर ठगी से हड़कंप
ऊना के नंगल सलांगड़ी में एक व्यक्ति के मोबाइल में अचानक तकनीकी गड़बड़ी आई। इसके बाद उसके बैंक खाते से 30 हजार रुपये निकल गए। मामले की शिकायत साइबर पुलिस और हेल्पलाइन पर की गई है।
हाथरस: सिटी स्टेशन पर चोरी के मोबाइल के साथ बाल अपचारी पकड़ा, जीआरपी ने किया मुकदमा दर्ज
थाना जीआरपी हाथरस सिटी पुलिस ने शनिवार दोपहर 12:50 बजे स्टेशन के फुट ओवर ब्रिज के पास से 14 वर्षीय बाल अपचारी को चोरी के नीले रंग के रेडमी नोट 15 सी मोबाइल के साथ पकड़ा।
ग्वालियर शहर में ऑनलाइन ठगी के मामले लगातार सामने आ रहे हैं। ताजा मामलों में शातिर ठगों ने कस्टमर केयर प्रतिनिधि बनकर और बैंक खाते की केवायसी (KYC) अपडेट कराने के नाम पर दो लोगों को अपना शिकार बनाया। वहीं, एक अन्य मामले में मोबाइल ऑटो अपडेट मोड पर जाने के बाद खाते से रुपए ट्रांसफर हो गए। तीनों मामलों में ठगी का पता बैंक के मैसेज और स्टेटमेंट से चला। पीड़ितों ने साइबर हेल्पलाइन पर शिकायत की, जिसके बाद रविवार को विश्वविद्यालय, बहोड़ापुर और मुरार थाना पुलिस ने ई-एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू की। कस्टमर केयर से बात करते-करते खाते से निकले ₹77,938 विश्वविद्यालय थाना क्षेत्र के गोविंदपुरी निवासी गौरव गुप्ता (45) ने पुलिस को बताया कि उन्होंने 24 मई 2026 को फोन-पे के जरिए कार का इंश्योरेंस लिया था। अगले दिन उन्होंने कस्टमर केयर नंबर पर करीब 14 मिनट बात की। गौरव के मुताबिक, बातचीत के दौरान न तो उनसे ओटीपी मांगा गया और न ही उन्होंने कोई अन्य जानकारी साझा की। कॉल कटने के बाद उनके एचडीएफसी बैंक खाते से पेटीएम के जरिए तीन बार में कुल 77,938 रुपए कट गए। बैंक से मैसेज आने पर उन्हें ठगी का पता चला। उन्होंने तत्काल बैंक पहुंचकर खाता ब्लॉक कराया। जांच में सामने आया कि रकम भोपाल के एक कोटक बैंक खाते में ट्रांसफर हुई है। फरियादी ने कुछ दिन पहले एक वेबसाइट पर 5 रुपए के भुगतान की कोशिश करने की जानकारी भी पुलिस को दी है। साइबर हेल्पलाइन 1930 पर शिकायत के बाद पुलिस ने मामला दर्ज किया। KYC के नाम पर वॉट्सएप पर भेजा लिंक, महिला से ठगे ₹92,224 महाराजपुरा थाना क्षेत्र के शताब्दीपुरम फेस-2 निवासी रिचा भदौरिया (36) के मोबाइल पर 14 सितंबर 2026 को अज्ञात नंबर से कॉल आया। कॉल करने वाले ने खुद को एसबीआई का कर्मचारी बताया और खाता ब्लॉक होने का डर दिखाकर केवायसी अपडेट कराने को कहा। महिला उसके झांसे में आ गई। आरोपी ने वॉट्सएप पर एक लिंक भेजा। लिंक खोलने के बाद भी केवायसी प्रक्रिया पूरी नहीं हुई तो ठग ने फोन-पे के ‘सेंड मनी’ विकल्प में फर्जी नाम डालकर महिला से रुपए ट्रांसफर करवा लिए। इस तरह खाते से 92,224 रुपए निकलकर ठग के एचडीएफसी बैंक खाते में पहुंच गए। महिला की शिकायत पर महाराजपुरा थाना पुलिस ने मामला दर्ज किया है। मोबाइल ऑटो अपडेट मोड पर गया, खाते से ट्रांसफर हुए ₹82 हजार मुरार थाना क्षेत्र के ईदगाह बारादरी निवासी मुमताज अली ने पुलिस को बताया कि 14 सितंबर की सुबह करीब 11:10 बजे वह घर पर थे। इसी दौरान मोबाइल में अचानक ऑटो अपडेट जैसी प्रक्रिया शुरू हो गई। उन्होंने फोन बंद करने का प्रयास किया, लेकिन वह बंद नहीं हुआ। कुछ देर बाद मोबाइल अपने आप बंद होकर दोबारा चालू हो गया। फोन ऑन होने पर उसमें डाउनलोड किए गए सभी ऐप डिलीट मिले। मुमताज ने दोबारा फोन-पे डाउनलोड कर एसबीआई खाते का बैलेंस चेक किया तो 82 हजार रुपए कम मिले। अगले दिन बैंक जाकर स्टेटमेंट निकलवाने पर पता चला कि 14 सितंबर को मोबाइल बंद होने के दौरान अज्ञात व्यक्ति ने यूपीआई के जरिए खाते से 82 हजार रुपए ट्रांसफर किए थे। उन्होंने तत्काल खाता ब्लॉक कराया और साइबर हेल्पलाइन 1930 पर शिकायत की। इसके बाद मुरार थाना पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी। साइबर डीएसपी मनीष यादव ने बताया कि ऑनलाइन फ्रॉड से बचने के लिए मोबाइल पर आने वाली किसी भी अनजान फाइल, लिंक या मैसेज पर क्लिक नहीं करना चाहिए। किसी तरह की ठगी होने पर तत्काल संबंधित थाना या साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर शिकायत करें।
डायल-112 कर्मी से मारपीट, मोबाइल लूटा; पुलिस पर पथराव, 5 आरोपी गिरफ्तार
भास्कर संवाददाता|राजगढ़ दहेज की मांग को लेकर बहू से मारपीट की शिकायत पर पहुंची डायल-112 टीम के पुलिसकर्मी से ही आरोपियों ने मारपीट कर दी। इतना ही नहीं मारपीट के दौरान पुलिसकर्मी का मोबाइल लूटकर आरोपी मौके से भाग निकले। पुलिस टीम ने पीछा किया तो आरोपियों ने खेरासी गांव के आसपास पुलिस पर पथराव कर दिया। इसके बाद साइबर तकनीकी मदद से पुलिस ने आरोपियों का ठिकाना तलाश कर पांच को गिरफ्तार कर लिया। न्यायालय में पेश करने के बाद आरोपियों को जेल भेज दिया गया। यह था घटना क्रम: पुलिस के अनुसार 17 सितंबर की रात करीब 8.30 बजे खुजनेर थाना क्षेत्र के ग्राम घोड़ाखेड़ा निवासी मंजू पति राकेश वर्मा ने डायल-112 पर सूचना दी थी कि उसके ससुराल पक्ष के लोग दहेज की मांग को लेकर उसके साथ मारपीट कर रहे हैं। सूचना पर डायल-112 में तैनात पुलिसकर्मी मौके पर पहुंचे। पुलिस को देख आरोपी बौखला गए और पुलिसकर्मी से ही अभद्रता और गाली-गलौज करते हुए मारपीट कर दी। इतना ही नहीं आरोपियों ने जान से मारने की धमकी दी।
Ghaziabad News: पीएसके पर युवती से मोबाइल नंबर मांगने का आरोप, कर्मचारी हटाया
गाजियाबाद। नोएडा सेक्टर-18 स्थित पासपोर्ट सेवा केंद्र पर पासपोर्ट के काम से गई युवती ने तैनात नागरिक सेवा अधिकारी पर फाइल आगे बढ़ाने के बदले मोबाइल नंबर मांगने का आरोप लगाया है।
Maharajganj News: दुकान से मोबाइल लेकर भागने लगा युवक, दौड़ाकर पकड़ा
Youth tried to flee after taking a mobile from the shop; was chased down and caught.
Fatehpur News: मोबाइल हैक कर दो लोगों से 4.74 लाख की साइबर ठगी
सदर कोतवाली क्षेत्र में दो लोगों के मोबाइल हैक कर साइबर ठगों ने 4.74 लाख रुपये की ठगी की।
Bulandshahar News: कंफेक्शनरी की दुकान से मोबाइल फोन चोरी, रिपोर्ट दर्ज
गुलावठी। कस्बे में दिनदहाड़े एक कंफेक्शनरी की दुकान से मोबाइल चोरी कर लिया। पीड़ित व्यापारी की तहरीर पर पुलिस ने अज्ञात चोर के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर ली है और मामले की जांच शुरू कर दी है।
Maharajganj News: झाड़ियों में छिपाकर रखे 80 लाख के मोबाइल पार्ट्स बरामद
Mobile parts worth ₹80 lakh, hidden in bushes, recovered.
Panchkula News: गाड़ी में सो रहे व्यक्ति का मोबाइल चोरी
Mobile phone stolen from a person sleeping in the car.
भोपाल में जुआ खेलते पकड़ाए दो SAF जवान:13 आरोपियों से 1.04 लाख, 14 मोबाइल और ताश की गड्डियां बरामद
भोपाल में शाहपुरा के बंगाली मोहल्ले में घर के अंदर शनिवार रात को चल रही जुए की फड़ पर पुलिस ने दबिश देकर 13 जुआरियों को हिरासत में लिया है। पकड़े गए आरोपियों में एसएएफ के दो जवान भी शामिल बताए जा रहे हैं। पुलिस ने मौके से 1 लाख 4 हजार रुपए नकद, 14 मोबाइल और ताश की गड्डियां बरामद की हैं। पुलिस ने सभी आरोपियों के खिलाफ जुआ एक्ट के तहत प्रकरण दर्ज किया है। घर में फड़ चलने की सूचना पर घेराबंदी कर दबिश शाहपुरा पुलिस के मुताबिक, जे-36 बंगाली मोहल्ला स्थित एक घर में जुए की फड़ संचालित होने की सूचना मिली थी। सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने घेराबंदी कर मौके पर दबिश दी। पुलिस के पहुंचते ही वहां जुआ खेल रहे 13 लोग मिले। तलाशी लेने पर उनके कब्जे से 1.04 लाख रुपए नकद, 14 मोबाइल और ताश की गड्डियां मिलीं। पुलिस ने सभी को मौके से हिरासत में लिया है। फड़ संचालक भी गिरफ्तार, घर में जुटे थे अलग-अलग इलाकों के लोग पुलिस के अनुसार, जिस घर में जुआ चल रहा था, वह विकास वशिष्ठ का बताया गया है। वह भी कार्रवाई में पकड़ा गया। फड़ में भोपाल के अलग-अलग इलाकों से लोग जुआ खेलने पहुंचे थे। इनमें दो एसएएफ के कर्मी भी शामिल बताए गए हैं। पुलिस अब यह पता लगा रही है कि घर में कितने समय से जुए की फड़ संचालित हो रही थी और इसके पीछे कौन लोग सक्रिय थे। ये आरोपी पकड़े गए पुलिस ने संदीप कुमार दीक्षित (37), एच-101 इंपीरियल हार्मनी, कटारा हिल्स; विकास वशिष्ठ (56), जे-36 शाहपुरा गांव, बंगाली मोहल्ला; दीपक ठाकुर (30), शाहजहांनाबाद; नरेश कुशवाह, नेहरू नगर; वीरेंद्र पटेल (43), करोंद मंडी के पास, छोला; जमीर खान (46), तलैया; अरबाज, चूनाभट्टी-कोलार रोड; मोहित वर्मा, चूनाभट्टी; देशराज यादव, बंसल अस्पताल के पास, चूनाभट्टी; सरस्वती साहू, राहुल नगर, कमला नगर; धर्मेंद्र परिहार, बिट्टन मार्केट, हबीबगंज; प्रहलाद साहू, दुर्गा नगर, बाग सेवनिया और यशवंत दुबे, कान्हाकुंज, कोलार को हिरासत में लिया है।
अंबिकापुर-प्रतापपुर मार्ग पर बीती शाम कार को गिट्टी लोड हाईवा से टक्कर लग गई। इसके बाद कार सवारों ने हाईवा को ओवरटेक कर रास्ते में रोक लिया और हवाई फायरिंग की। इसके बाद हाईवा ड्राइवर के साथ मारपीट कर उसका मोबाइल लूट लिया। इसके बाद दोनों कार से फरार हो गए। घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस ने घेराबंदी कर प्रतापपुर में कार सवार दोनों लोगों को पकड़ लिया। पुलिस के मुताबिक, दोनों आरोपी जशपुर जिले में टीचर हैं। मामला प्रतापपुर थाना क्षेत्र की खड़गवां चौकी का है। जानकारी के मुताबिक, हाईवा ड्राइवर शिवप्रसाद विश्वकर्मा ने 18 सितंबर की शाम खड़गवां चौकी में शिकायत दर्ज कराई। उसने बताया कि वह बरियों से हाईवा में गिट्टी लेकर भटगांव जा रहा था। शाम करीब 6:30 बजे रामेश्वरपुर मोड़ के पास खड़गवां कला गांव के जंगल में एक वेन्यू कार (CG 14 MU 7274) में सवार लोगों ने हाईवा को ओवरटेक कर रोक लिया। हवाई फायरिंग की, हाईवा ड्राइवर से मारपीट हाईवा को रोकने के बाद कार सवारों ने ड्राइवर को गाड़ी से नीचे उतरने के लिए कहा। ड्राइवर के नीचे नहीं उतरने पर आरोपियों ने कार से पिस्टल निकाली और हवाई फायरिंग कर दी। इसके बाद ड्राइवर शिव प्रसाद विश्वकर्मा नीचे उतरा। कार सवारों ने उस पर उनकी कार को टक्कर मारने का आरोप लगाते हुए मारपीट की और उसका मोबाइल लूट लिया। इसके बाद दोनों कार में बैठकर प्रतापपुर की ओर फरार हो गए। घटना के बाद हाईवा ड्राइवर ने खड़गवां चौकी पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने तुरंत प्रतापपुर थाना पुलिस को घटना की जानकारी दी। ड्राइवर से मारपीट और मोबाइल लूटा प्रतापपुर पुलिस ने घेराबंदी कर कार को रोक लिया और उसमें सवार दो लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ की। उनकी पहचान राजेश कुमार अम्बष्ट (54), निवासी दीनदयाल कॉलोनी, जशपुर और श्यामलाल साहू (56), निवासी महाराजा चौक, जशपुर के रूप में हुई। दोनों शिक्षक हैं। एसडीओपी अनूप एक्का ने बताया कि जांच में पता चला कि राजेश अम्बष्ट के नाम पर लाइसेंसी पिस्टल है। पुलिस के मुताबिक, उसने अपने साथी के साथ मिलकर हवाई फायरिंग और लूट की घटना को अंजाम दिया। पुलिस और फोरेंसिक टीम ने घटनास्थल से फायर किए गए 2 कारतूस बरामद किए हैं। वहीं, वेन्यू कार से 5 जिंदा कारतूस और एक मोबाइल फोन जब्त किया गया है। पुलिस ने दोनों आरोपियों के खिलाफ धारा 309 (6) और आर्म्स एक्ट की धारा 30 के तहत कार्रवाई की है। जांच में सामने आया कि हाईवा से कार को टक्कर लगने के बाद दोनों ने ड्राइवर से मारपीट की और उसका मोबाइल लूट लिया था। दोनों आरोपियों को कोर्ट में पेश किया गया है।
बलरामपुर जिले में नौकरी लगवाने के नाम पर रिश्तेदार से ठगी का मामला सामने आया है। चलगली पुलिस ने 21 वर्षीय आशीष को गिरफ्तार किया है। वह सरस्वतीपुर का रहने वाला बताया गया है। आरोपी पर अपने रिश्तेदार रामऔतार (29) से नौकरी लगवाने का झांसा देकर 2 लाख 2 हजार रुपए ठगने का आरोप है। पुलिस के अनुसार, चलगली थाना क्षेत्र निवासी रामऔतार ने 10 सितंबर 2026 को शिकायत दर्ज कराई थी। उसने बताया कि उसके रिश्ते के भांजे आशीष ने नौकरी लगवाने का झांसा देकर उससे संपर्क किया। आशीष ने कहा कि नौकरी के लिए ऑनलाइन प्रक्रिया पूरी करनी होगी और इसके लिए जरूरी दस्तावेज भी लिए। ऑनलाइन प्रक्रिया के नाम पर लिए पैसे इसके बाद आरोपी ने अलग-अलग तरीकों से पैसे की मांग की। शिकायतकर्ता ने फिनो पेमेंट बैंक के बारकोड और अन्य नंबरों पर कई किस्तों में रकम भेजी। इनमें 25-25 हजार रुपए की दो किस्तें, 10 हजार, 20 हजार, 7 हजार और 15 हजार रुपए शामिल थीं। घर जाकर भी दिए 50 हजार रुपए शिकायत के मुताबिक, 10 फरवरी 2025 को रामऔतार ने आरोपी के घर जाकर उसे 50 हजार रुपए नकद दिए। इस तरह अलग-अलग किस्तों और नकद भुगतान मिलाकर कुल 2 लाख 2 हजार रुपए आरोपी को दिए गए। व्हाट्सऐप पर भेजा फर्जी नियुक्ति पत्र पैसे लेने के बाद आशीष ने रामऔतार के व्हाट्सऐप पर एक फर्जी नियुक्ति पत्र भी भेजा। हालांकि, शिकायतकर्ता की नौकरी नहीं लगी और आरोपी ने पैसे भी वापस नहीं किए। पैसे मांगने पर वह लगातार टालमटोल करता रहा। बाद में उसने फोन उठाना बंद कर दिया। घर जाने पर भी वह नहीं मिला। मोबाइल जब्त, आरोपी जेल भेजा गया मामले की जांच के दौरान चलगली पुलिस ने आरोपी आशीष के कब्जे से विवो कंपनी का मोबाइल फोन जब्त किया। पुलिस के मुताबिक, पूछताछ में आशीष ने अपराध करना स्वीकार किया। इसके बाद उसे 19 सितंबर 2026 को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ थाना चलगली में बीएनएस की धारा 318(4), 336(3), 338 और 340(2) के तहत मामला दर्ज किया है। मामले में आगे की जांच जारी है।
गाजियाबाद में साइबर क्राइम पुलिस ने एक युवक को गिरफ्तार किया है। उस पर स्विगी प्लेटफॉर्म पर फर्जी रेस्टोरेंट बनाकर क्रेडिट कार्ड धारकों से करीब 30 लाख रुपये की साइबर ठगी करने का आरोप है। आरोपी फर्जी रेस्टोरेंट के जरिए स्विगी पर ऑर्डर दिखाता था और क्रेडिट कार्ड की जानकारी लेकर रकम अपने बैंक खाते में ट्रांसफर कर लेता था। पुलिस ने उसके पास से चार मोबाइल फोन, एक टैबलेट और एक लैपटॉप भी बरामद किया है। एसीपी साइबर क्राइम अमित सक्सेना ने बताया कि गिरफ्तार आरोपी की पहचान गर्वित के रूप में हुई है। वह रोहतक, हरियाणा का रहने वाला है और फिलहाल वैशाली, गाजियाबाद में रह रहा था। पुलिस की पूछताछ में गर्वित ने बताया कि वह पहले टेक महिंद्रा में कस्टमर केयर की नौकरी करता था। यूट्यूब पर वीडियो देखकर उसे ऑनलाइन ठगी का तरीका पता चला। इसके बाद उसने दो फर्जी रेस्टोरेंट बनाए और एफएसएसएआई से उनका रजिस्ट्रेशन भी कराया। आरोपी को यूट्यूब के जरिए 'फास्ट ओटीपी बॉट' नाम के टेलीग्राम चैनल के बारे में पता चला। इस चैनल से उसे क्रेडिट कार्ड धारकों का डेटा मिला। पुलिस के मुताबिक, आरोपी को करीब 52 एक्सिस बैंक क्रेडिट कार्ड धारकों की जानकारी मिली थी। इसके बाद वह खुद को बैंक का ग्राहक सेवा अधिकारी बताकर कार्ड धारकों से संपर्क करता था। वह सर्विस चार्ज या लेट पेमेंट हटाने के नाम पर उनसे कार्ड से जुड़ी जानकारी ले लेता था। इसके बाद आरोपी अपने फर्जी रेस्टोरेंट के नाम से स्विगी पर ऑर्डर जनरेट करता था। वह फर्जी डिलीवरी दिखाकर भुगतान की रकम अपने बैंक खाते में मंगा लेता था। शिकायत मिलने के बाद स्विगी ने उसके एक फर्जी रेस्टोरेंट को बंद कर दिया था। इसके बाद आरोपी ने दूसरे नाम से नया फर्जी रेस्टोरेंट बनाकर दोबारा ठगी शुरू कर दी। पुलिस के अनुसार, 17 सितंबर को भी आरोपी ने 'फास्ट ओटीपी बॉट' टेलीग्राम चैनल से मिले एक क्रेडिट कार्ड से करीब 38 हजार रुपये का स्विगी ऑर्डर जनरेट कर साइबर ठगी की थी। इस मामले में टेलीग्राम चैनल से मिले डेटा, क्रेडिट कार्ड से जुड़ी जानकारी, फर्जी रेस्टोरेंट के एफएसएसएआई दस्तावेज और ठगी में इस्तेमाल मोबाइल नंबरों की जांच की जा रही है।
मैनपुरी में नौकरी के नाम पर ठगी करने वाले दो आरोपियों को साइबर क्राइम थाना पुलिस ने गिरफ्तार किया है। ये आरोपी नोएडा में कॉल सेंटर चलाकर बेरोजगारों से धोखाधड़ी करते थे। इनके खिलाफ थाना साइबर क्राइम मैनपुरी में धोखाधड़ी समेत संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज था। पुलिस के अनुसार, आरोपी विभिन्न वेबसाइटों से नौकरी के लिए आवेदन करने वाले बेरोजगारों का डेटा लेते थे। इसके बाद उन्हें फोन कर नौकरी दिलाने का झांसा देते थे। पंजीकरण और अन्य शुल्क के नाम पर वे लोगों से अपने बैंक खातों में पैसे जमा करवाते थे। तकनीकी जांच और सबूतों के आधार पर पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार किया। इनमें ग्रेटर नोएडा निवासी दानवीर सिंह और तान्या शामिल हैं। पुलिस ने इनके पास से दो लैपटॉप, छह कीपैड मोबाइल, चार एंड्रॉयड मोबाइल, 870 रुपये और छह एटीएम कार्ड बरामद किए हैं। पुलिस ने बताया कि इस मामले में पहले भी तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेजा जा चुका है। अब गिरफ्तार किए गए आरोपियों के आपराधिक इतिहास की जानकारी जुटाई जा रही है। यह कार्रवाई साइबर क्राइम थाना प्रभारी निरीक्षक संतोष कुमार सिंह के नेतृत्व में की गई।
नोएडा में अंतरराज्यीय वाहन चोर और मोबाइल स्नैचर गिरोह का पर्दाफाश, चार गिरफ्तार
नोएडा में अंतरराज्यीय वाहन चोर और मोबाइल स्नैचर गिरोह का पर्दाफाश, चार गिरफ्तार
हापुड़: 'ऑपरेशन रिटर्न' के तहत साइबर सेल ने दो गुम हुए मोबाइल किए बरामद
तकनीकी सर्विलांस की मदद से बरामद हुए 40 हजार के फोन, पुलिस ने आमजन से साइबर हेल्पलाइन 1930 पर शिकायत की अपील की।
‘मिशन सहयोग’: सीईआईआर की मदद से 104 गुम मोबाइल बरामद, 21 लाख रुपए के फोन मालिकों को लौटाए
‘मिशन सहयोग’: सीईआईआर की मदद से 104 गुम मोबाइल बरामद, 21 लाख रुपए के फोन मालिकों को लौटाए
मोगा में हाईवे पर लूट-चोरी गिरोह का भंडाफोड़:2 सदस्य गिरफ्तार, चोरी की बाइक और लूटा मोबाइल बरामद
मोगा जिले के निहाल सिंह वाला में पुलिस ने लूटपाट और चोरी की वारदातों को अंजाम देने वाले गिरोह के 2 सदस्यों को गिरफ्तार किया है। बिलासपुर पुलिस चौकी की टीम ने नाकाबंदी के दौरान बिना नंबर की काले रंग की स्प्लेंडर बाइक पर सवार दोनों आरोपियों को पकड़ा। पुलिस के मुताबिक आरोपियों की पहचान सैदोंके निवासी जसवीर सिंह उर्फ पिल्लू और निहाल सिंह वाला के मधेके रोड निवासी मिंटू के रूप में हुई है। दोनों के पास चोरी की बाइक और छीना गया मोबाइल फोन बरामद हुआ है। पुलिस ने दोनों के खिलाफ केस दर्ज कर लिया है और अब रिमांड पर लेकर पूछताछ की तैयारी है। चेकिंग के दौरान दोनों को पकड़ा डीएसपी अनवर अली और निहाल सिंह वाला थाना प्रभारी रणजीत सिंह ने बताया कि चौकी प्रभारी जसवंत सिंह सरां, थानेदार इकबाल सिंह, चमकौर सिंह और संजीव कुमार की टीम ने नाकाबंदी की थी। माछीके से भागीके लिंक रोड के चौराहे पर उन्होंने बिना नंबर के काले रंग की स्प्लेंडर बाइक पर आ रहे 2 लोगों को रोका और उनसे पूछताछ की। बाइक चला रहे व्यक्ति ने खुद को जसवीर सिंह उर्फ पिल्लू बताया, जो सैदोंके का रहने वाला है और निहंग सिंह की वेशभूषा में था। पीछे बैठे व्यक्ति ने अपना नाम मिंटू बताया, जो निहाल सिंह वाला के मधेके रोड का रहने वाला है। पुलिस ने जब बाइक के कागजात मांगे, तो दोनों कोई संतोषजनक जवाब नहीं दे पाए। चोरी की बाइक और लूट का मोबाइल मिला सख्ती से पूछताछ करने पर दोनों ने बताया कि उन्होंने कुछ समय पहले यह बाइक चोरी की थी। उनके पास से एक मोबाइल फोन भी मिला। पूछताछ में उन्होंने यह भी कबूल किया कि कुछ दिन पहले उन्होंने नेशनल हाईवे पर एक गाड़ी रोककर उसके मालिक से यह मोबाइल फोन छीना था। चौकी प्रभारी जसवंत सिंह सरां ने बताया कि आरोपी मिंटू के खिलाफ पहले भी निहाल सिंह वाला थाने में एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज है। दोनों आरोपियों के खिलाफ निहाल सिंह वाला थाने में केस दर्ज कर लिया गया है। पुलिस उन्हें रिमांड पर लेकर आगे पूछताछ करेगी, जिससे और भी वारदातों का खुलासा होने की संभावना है। उन्होंने यह भी बताया कि बिलासपुर पुलिस चौकी ने चौकी प्रभारी जसवंत सिंह सरां के नेतृत्व में पहले भी कई मामलों को सुलझाया है। इनमें एनआरआई की गाड़ी से लूट और पुजारी से लूट जैसे मामले शामिल हैं। पुलिस ने एक बड़े चोर गिरोह को भी पकड़ा है।
फरीदकोट में कोटकपूरा शहर के मोगा रोड स्थित विश्वकर्मा धर्मशाला के पास बाइक सवार दो युवकों द्वारा चलती ई रिक्शा से भाजपा नेता की पत्नी का पर्स छीनकर फरार होने का मामला सामने आया है। पूरी वारदात सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गई। घटना की सूचना मिलने के बाद सिटी पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। जानकारी के अनुसार भाजपा के मंडल प्रधान मनजीत सिंह नेकी की पत्नी नए बस स्टैंड के पास एक कोचिंग सेंटर चलाती हैं। अपने घर लौट रही थी भाजपा नेता की पत्नी शुक्रवार देर शाम सेंटर बंद करने के बाद वह ई-रिक्शा से अपने घर लौट रही थीं। जब वह विश्वकर्मा धर्मशाला के पास पहुंचीं तो पीछे से आए बाइक सवार दो युवक ई-रिक्शा के पास आए और चलती ई रिक्शा से ही उनका पर्स छीनकर मौके से फरार हो गए। पर्स में एक आई फोन समेत दो मोबाइल फोन, करीब 7 से 8 हजार रुपए की नकदी और अन्य जरूरी सामान व दस्तावेज थे। घटना के बाद आसपास के लोगों में भी चिंता का माहौल बन गया। भाजपा नेता ने की पुलिस से शिकायत इस मामले में भाजपा नेता मनजीत सिंह ने बताया कि घटना संबंधी पुलिस को शिकायत दे दी गई है। उन्होंने कहा कि पुलिस की ओर से अब तक की गई कार्रवाई के बारे में उन्हें जानकारी नहीं है। उन्होंने पुलिस प्रशासन से मांग की कि सीसीटीवी फुटेज के आधार पर आरोपियों की पहचान कर उन्हें जल्द गिरफ्तार किया जाए और शहर में बढ़ रही ऐसी वारदातों पर अंकुश लगाया जाए।
क्लासरूम में मोबाइल चलाने से लेकर छात्रा से कथित अनुचित व्यवहार तक
शिक्षा के मंदिर कहे जाने वाले सरकारी स्कूलों से जब इस तरह की शर्मनाक और चिंताजनक खबरें सामने आती हैं, तो समाज की नींव पर सवाल उठना लाजिमी है। उत्तर प्रदेश या आसपास के किसी स्थानीय ग्रामीण क्षेत्र के एक सरकारी प्राथमिक या उच्च प्राथमिक विद्यालय से एक बहुत ही संवेदनशील और सनसनीखेज मामला प्रकाश में आया है, जहां एक सरकारी स्कूल के शिक्षक पर शिक्षण कार्य के दौरान लगातार मोबाइल फोन में व्यस्त रहने और स्कूल की ही एक नाबालिग छात्रा के साथ कथित तौर पर अनुचित व्यवहार करने के गंभीर आरोप लगे हैं। इस घटना के सामने आने के बाद से न केवल छात्र-छात्राओं के अभिभावकों में बल्कि पूरे इलाके के लोगों में भारी गुस्सा और आक्रोश व्याप्त है। आधुनिक जनरेटिव एआई सर्च, गूगल डिस्कवर की यूजर-फ्रेंडली और आकर्षक शैली, तथा एसईओ और एईओ मानकों को पूरी तरह ध्यान में रखते हुए इस विस्तृत और विश्लेषणात्मक आलेख में हम आपको इस मामले की पूरी अंदरूनी सच्चाई से रूबरू करा रहे हैं कि आखिर कैसे इस लापरवाही और दुराचरण का खुलासा हुआ।क्या है पूरा मामला और कैसे हुआ कक्षा में शिक्षक की लापरवाही और हरकतों का खुलासाप्राप्त जानकारी के अनुसार, यह पूरा मामला उस वक्त उजागर हुआ जब स्कूल में पढ़ने वाले कुछ बच्चों ने घर जाकर अपने परिजनों को यह बताया कि उनके शिक्षक पढ़ाई कराने के बजाय पूरे दिन अपना मोबाइल फोन चलाने में व्यस्त रहते हैं और कक्षा में अनुशासनहीनता का माहौल बना रहता है। जब कुछ अभिभावकों ने इस बात की गहराई से पड़ताल की और अन्य बच्चों व छात्राओं से पूछताछ की, तो एक छात्रा ने रोते हुए शिक्षक द्वारा किए गए कथित अनुचित व्यवहार और हरकतों के बारे में अपने परिजनों को विस्तार से बताया। यह सुनते ही बच्चों के माता-पिता और स्थानीय ग्रामीण सन्न रह गए। शिक्षकों जैसे पवित्र और आदरणीय पद पर बैठे व्यक्ति द्वारा इस प्रकार की हरकत किया जाना न केवल नैतिक पतन का प्रतीक है, बल्कि यह उन मासूम बच्चों के भविष्य के साथ भी एक बहुत बड़ा खिलवाड़ है जो शिक्षा पाने के लिए रोज स्कूल आते हैं।स्कूल परिसर में हंगामा, आक्रोशित परिजनों और ग्रामीणों ने शिक्षा विभाग के खिलाफ खोला मोर्चाघटना की खबर जब आग की तरह पूरे गांव और आसपास के इलाकों में फैली, तो बड़ी संख्या में आक्रोशित ग्रामीण, अभिभावक और सामाजिक कार्यकर्ता स्कूल परिसर के बाहर इकट्ठा हो गए। लोगों ने जमकर हंगामा किया और आरोपी शिक्षक के खिलाफ तत्काल प्रभाव से कड़ी कानूनी कार्रवाई करने तथा उसे निलंबित करने की मांग को लेकर नारेबाजी शुरू कर दी। स्थानीय नागरिकों का यह कहना था कि यदि बच्चों को पढ़ाने वाले शिक्षक ही इस तरह की घटिया और अमानवीय हरकतों में लिفت पाए जाएंगे, तो माता-पिता अपने नौनिहालों को सुरक्षित स्कूल कैसे भेज पाएंगे। विद्यालय के प्रधानाध्यापक और अन्य स्टाफ को भी ग्रामीणों के भारी गुस्से का सामना करना पड़ा, जिसके बाद स्थिति की गंभीरता को भांपते हुए तुरंत स्थानीय पुलिस और शिक्षा विभाग के उच्च अधिकारियों को इस अप्रिय घटना की सूचना दी गई।शिक्षा विभाग और पुलिस प्रशासन की त्वरित कार्रवाई, आरोपी शिक्षक के खिलाफ मुकदमा दर्जमामले की गंभीरता को देखते हुए जिला शिक्षा अधिकारी (BSA) और स्थानीय पुलिस थाने की टीमें तुरंत मौके पर पहुंचीं और आक्रोशित ग्रामीणों को समझा-बुझाकर शांत कराया। पुलिस ने पीड़ित छात्रा और उसके परिजनों की शिकायत के आधार पर आरोपी शिक्षक के खिलाफ पॉक्सो एक्ट (POCSO Act) और संबंधित गंभीर धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया है। इसके साथ ही, शिक्षा विभाग के स्तर से भी इस पूरे प्रकरण की एक उच्च-स्तरीय विभागीय जांच बिठा दी गई है, और प्रारंभिक रिपोर्ट के आधार पर आरोपी शिक्षक को तत्काल प्रभाव से निलंबित (Suspend) करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। पुलिस अधिकारियों का यह आश्वासन दिया गया है कि मामले में निष्पक्ष और कड़ी जांच करके आरोपी को जल्द से जल्द कानून के कटघरे में खड़ा किया जाएगा ताकि भविष्य में कोई भी शिक्षक इस तरह की घिनौनी हरकत करने की हिम्मत न जुटा सके।सरकारी स्कूलों में लगातार बढ़ रही लापरवाही पर उठ रहे हैं बड़े और गंभीर सवालइस जघन्य और शर्मनाक घटना ने एक बार फिर से सरकारी शिक्षा व्यवस्था, शिक्षकों की जवाबदेही और स्कूलों में बच्चों की सुरक्षा को लेकर कई गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। आज के डिजिटल युग में जहां मोबाइल फोन और इंटरनेट ने हमारी जिंदगी को आसान बनाया है, वहीं दूसरी तरफ कुछ लोग क्लासरूम के भीतर भी इसका दुरुपयोग करके अपनी जिम्मेदारी से भाग रहे हैं। बच्चों के अधिकारों की रक्षा करने वाले संगठनों और बुद्धिजीवियों का यह कहना है कि हर सरकारी स्कूल में सीसीटीवी कैमरे लगाए जाने चाहिए और शिक्षकों के क्लास के दौरान फोन इस्तेमाल करने पर पूरी तरह प्रतिबंध होना चाहिए ताकि ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति को रोका जा सके।
भारतीय महिला क्रिकेट टीम एशियन गेम्स के सेमीफाइनल में बांग्लादेश से भिड़ेगी। ये मैच 20 सितंबर को खेला जाएगा। इस मुकाबले को टीवी और मोबाइल पर लाइव देखने का तरीका अभी से जान लीजिए।
हनुमानताल पुलिस ने वाहन चोरी और मोबाइल लूटने वाले दो गिरोह का पर्दाफाश करते हुए एक नाबालिग सहित सात आरोपितों को पकड़ा है।
रुद्रपुर शहर की मुख्य सड़क पर देर रात मोबाइल गुम होने को लेकर एक व्यक्ति ने जमकर हंगामा किया। सूचना पर पहुंची पुलिस ने काफी देर तक उसे समझाने का प्रयास किया।
जौनपुर के CHC में बिजली गुल, मोबाइल की टॉर्च की रोशनी में मरीजों का इलाज; इमरजेंसी वार्ड में छाया अंधेरा
फर्जी सिम से हो सकते है साइबर क्राइम:संचार साथी पोर्टल पर चेक करें अपने नाम से जारी मोबाइल कनेक्शन
धौलपुर में पुलिस ने लोगों को फर्जी सिम कार्ड से होने वाले साइबर अपराधों के प्रति आगाह किया है। पुलिस ने बताया कि आपकी जानकारी के बिना जारी हुआ मोबाइल सिम कार्ड साइबर अपराधियों का बड़ा हथियार बन सकता है। साइबर ठग चोरी किए गए पहचान दस्तावेज, फोटो और बायोमेट्रिक डेटा का गलत इस्तेमाल कर फर्जी ई-केवाईसी के जरिए सिम जारी करवा लेते हैं। इन सिम का इस्तेमाल ऑनलाइन ठगी, फर्जी बैंक खाते और डिजिटल लेन-देन में किया जा सकता है। ऐसे मामलों में संबंधित व्यक्ति को जानकारी न होने पर भी पुलिस जांच का सामना करना पड़ सकता है। राजस्थान पुलिस की R4C साइबर क्राइम शाखा ने लोगों को अपने नाम पर जारी मोबाइल कनेक्शनों की नियमित जांच करने की सलाह दी है। एसपी विकास सांगवान ने भी लोगों से अपील की है कि वे समय-समय पर चेक करें कि उनके नाम पर कितने मोबाइल नंबर चल रहे हैं। पुलिस के अनुसार, साइबर अपराधी चोरी किए गए दस्तावेज या बायोमेट्रिक डेटा के आधार पर फर्जी ई-केवाईसी कराकर किसी व्यक्ति के नाम पर अतिरिक्त सिम जारी करा सकते हैं। इन नंबरों से ऑनलाइन पेमेंट एप्लीकेशन और फर्जी बैंक खातों का संचालन किया जाता है। ठगी की रकम पहले इन खातों में मंगाई जाती है और फिर कई खातों में ट्रांसफर कर दी जाती है, जिससे अपराधियों तक पहुंचना मुश्किल हो जाता है। पुलिस ने ई-मेल और मैसेज के जरिए आने वाली संदिग्ध ZIP फाइलों से भी सावधान रहने को कहा है। बैंक स्टेटमेंट, आरबीआई, आयकर या कस्टम विभाग के नाम से भेजी गई फाइल खोलने पर डिवाइस में मैलवेयर पहुंच सकता है। इससे चैट, पासवर्ड और जरूरी दस्तावेज चोरी होने का खतरा रहता है। संचार साथी पोर्टल पर ऐसे करें जांच: भारत सरकार के संचार साथी पोर्टल पर जाकर “Know Mobile Connections in Your Name” (TAF-COP) विकल्प चुनें। अपने मोबाइल नंबर और ओटीपी से सत्यापन के बाद आपके नाम पर जारी मोबाइल कनेक्शनों की सूची स्क्रीन पर दिखेगी। अगर इसमें कोई अनजान या अनावश्यक नंबर मिले, तो उसे पोर्टल के जरिए रिपोर्ट या डिस्कनेक्ट किया जा सकता है।
लाडो लक्ष्मी योजना के लिए मोबाइल ऐप लॉन्च, महिलाओं की सुविधा के लिए जारी हुए दो टोल-फ्री नंबर
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राम मंदिर के पुजारियों के लिए नई गाइडलाइन जारी, वीडियो में जाने बाल-दाढ़ी से लेकर मोबाइल और सोशल मीडिया तक के नियम तय
अग्निवीर का मोबाइल गुम, अगले ही दिन बैंक खाते से 1.99 लाख ट्रांसफर
ग्राम देवीनवागांव निवासी अग्निवीर विजय कुमार निषाद का मोबाइल रास्ते में गुम हुआ और अगले ही दिन उसके बैंक खाते से यूपीआई के जरिए करीब 1.99 लाख रुपए ट्रांसफर हो गए। 29 और 30 मार्च को अलग-अलग किस्तों में कुल 1 लाख 99 हजार 900 रुपए खाते से निकाले जाने का मामला अब सामने आया है। अग्निवीर के पिता अवधराम निषाद की रिपोर्ट पर सिटी कोतवाली बालोद में अज्ञात आरोपी के खिलाफ धारा 318(4) बीएनएस के तहत अपराध दर्ज किया गया है। पुलिस के अनुसार अवधराम ने जानकारी दी है कि बेटा विजय कुमार निषाद भारतीय सेना में अग्निवीर है। मार्च में 15 दिन की छुट्टी पर वह गांव आया था। 28 मार्च को ड्यूटी पर असम लौटते समय विजय ने दूसरे व्यक्ति के मोबाइल से कॉल कर बताया कि उसका मोबाइल रास्ते में कहीं गुम हो गया है। इसी मोबाइल में बैंक खाते से लिंक मोबाइल सिम लगी थी और विजय इसी नंबर से यूपीआई एप का इस्तेमाल करता था। जांच में सामने आया कि 29 से 30 मार्च के बीच अलग-अलग किस्तों में यूपीआई एप के माध्यम से अज्ञात व्यक्ति ने 1.99 लाख रुपए ट्रांसफर किया है। जिला साइबर सेल प्रभारी रहे इंस्पेक्टर रोहित मालेकर ने बताया कि मोबाइल गुम होने पर लोग अक्सर सिर्फ सिम बंद कराने को ही पर्याप्त मान लेते हैं। जबकि उसमें बैंकिंग और यूपीआई एप जुड़े होते है। ऐसे में सबसे पहले मोबाइल नंबर की सिम बंद कराएं। बैंक को सूचना देकर यूपीआई, मोबाइल बैंकिंग सेवाओं को अस्थायी रूप से ब्लॉक कराएं और एप का एक्सेस सुरक्षित करें।
Panipat News: मोबाइल झपटमारी में दोषी को छह माह की सख्त सजा
मोबाइल झपटमारी में दोषी को छह माह की सख्त सजा
Lucknow News: शिक्षिका से मोबाइल छीनने और अश्लीलता का आरोप
शिक्षिका से मोबाइल छीनने और अश्लीलता का आरोप
Kushinagar News: चलती बस में मोबाइल पर बात करता रहा चालक
कसया से गोरखपुर जाने वाली रोडवेज की अनुबंधित बस में शुक्रवार को चालक के मोबाइल चलाते हुए वाहन संचालित करने का मामला सामने आया।
Sonipat News: मोबाइल चोरी कर भागा युवक, दूसरी मंजिल से गिरकर मौत
Youth dies after falling from second floor while fleeing with stolen mobile; Namami scheme to boost employment opportunities for youth: Murugan.
इंदौर में 11 अक्टूबर को भारत और वेस्टइंडीज के बीच होने वाले टी-20 मुकाबले के टिकटों की ऑनलाइन बिक्री 25 से शुरू होगी। मैच के सभी टिकट ऑनलाइन ही उपलब्ध होंगे। एमपीसीए ने इसके लिए डिस्ट्रिक्ट बाय जोमेटो को आधिकारिक टिकटिंग एजेंसी बनाया है। फैंस वेबसाइट या मोबाइल ऐप के जरिए टिकट खरीद सकेंगे। 1 हजार से शुरू होगी टिकट की कीमत होलकर स्टेडियम में मैच देखने के लिए दर्शकों को कम से कम 1 हजार रुपए खर्च करने होंगे। यह सबसे सस्ते टिकट की कीमत है। वहीं, पैवेलियन का टिकट 12 हजार 500 रुपए का होगा। बाकी कैटेगरी के टिकटों की कीमत एमपीसीए जल्द जारी करेगा। टिकटों की कालाबाजारी रोकने के लिए एक व्यक्ति को अधिकतम 4 टिकट खरीदने की अनुमति होगी। इससे ज्यादा दर्शकों को टिकट मिलने का मौका मिलेगा। शाम 7 बजे शुरू होगा मुकाबला भारत-वेस्टइंडीज के बीच पांच मैचों की टी-20 सीरीज 6 अक्टूबर से शुरू होगी। इंदौर में सीरीज का तीसरा मुकाबला 11 अक्टूबर को शाम 7 बजे खेला जाएगा। इससे पहले 6 अक्टूबर को लखनऊ और 9 अक्टूबर को रांची में दोनों टीमें आमने-सामने होंगी। सीरीज के आखिरी दो मुकाबले हैदराबाद और बेंगलुरु में खेले जाएंगे। होलकर में मुकाबले का इंतजार खत्म होने वाला इंदौर के क्रिकेट फैंस लंबे समय से इस मुकाबले का इंतजार कर रहे हैं। एमपीसीए की ओर से टिकट बिक्री का शेड्यूल जारी होने के बाद अब मैच देखने के लिए टिकट हासिल करने की प्रक्रिया भी साफ हो गई है।
Hardoi News: मोबाइल के ज्यादा इस्तेमाल पर पिता ने डांटा, नाराज छात्रा ने फंदा लगाकर दी जान
हरदोई। शहर के गुप्ता कॉलोनी में मोबाइल का ज्यादा इस्तेमाल करने को लेकर पिता ने बुधवार को कक्षा 11 की छात्रा को डांट दिया। नाराज छात्रा ने अगले दिन बृहस्पतिवार शाम फंदा लगाकर खुदकुशी कर ली। घटना का पता चलने पर परिजन बदहवास हो गए।
Faridabad News: सीसीटीवी नहीं जुटाया, पहचान परेड भी नहीं कराई, मोबाइल स्नैचिंग के आरोप से दोषमुक्त
No CCTV footage obtained, no identification parade conducted; acquitted of mobile snatching charge.
Gurugram News: मोबाइल चोरी करने वाला गिरफ्तार
Mobile phone thief arrested
शुक्रवार शाम राष्ट्रीय राजमार्ग-19 पर डीहरा पुल के पास बाइक सवार दो बदमाशों ने चलती बाइक से महिला का पर्स झपट लिया। अचानक हुई वारदात से बाइक अनियंत्रित हो गई, लेकिन पति की सूझबूझ से महिला, उसका बच्चा और वह खुद हादसे का शिकार होने से बच गए। घटना के बाद दोनों बदमाश बाइक से फरार हो गए। सासाराम से गांव लौट रहा था परिवार भभुआ थाना क्षेत्र के डवढ़िया गांव निवासी ओमकार सिंह अपनी पत्नी और बच्चे के साथ बाइक से सासाराम से गांव लौट रहे थे। डीहरा पुल के पास पहुंचते ही पीछे से तेज रफ्तार में आए दो बाइक सवार बदमाशों ने महिला के हाथ से पर्स झपट लिया। पर्स खिंचते ही बिगड़ा बाइक का संतुलन अचानक पर्स छीने जाने से बाइक का संतुलन बिगड़ गया। कुछ पल के लिए परिवार के सामने बड़ा हादसा होने का खतरा पैदा हो गया। हालांकि ओमकार सिंह ने किसी तरह बाइक संभाल ली और तीनों सुरक्षित बच गए। पर्स में थे जरूरी दस्तावेज ओमकार सिंह के मुताबिक पर्स में बैंक और पोस्ट ऑफिस की पासबुक, जरूरी पहचान पत्र, तीन एटीएम कार्ड, मोबाइल फोन और करीब 1500 रुपये नकद थे। बदमाशों की बाइक का नंबर नहीं देख सका परिवार वारदात के दौरान परिवार का पूरा ध्यान खुद को और बच्चे को सुरक्षित रखने पर था। इस वजह से पीड़ित बदमाशों की बाइक का नंबर नहीं देख सके। घटना के बाद आरोपी मौके से फरार हो गए। घटना के तुरंत बाद पीड़ित परिवार ने कुदरा पुलिस को इसकी जानकारी दी। पुलिस मामले की जांच में जुट गई है। CCTV फुटेज खंगाल रही पुलिस पुलिस आसपास के इलाकों में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगालकर बदमाशों की पहचान करने की कोशिश कर रही है। एनएच-19 पर हुई इस वारदात के बाद राहगीरों की सुरक्षा को लेकर भी चिंता बढ़ गई है।
कोलकाता के पार्क स्ट्रीट से 56 चोरी के मोबाइल बरामद, बांग्लादेशी समेत दो गिरफ्तार
कोलकाता के पार्क स्ट्रीट इलाके में पुलिस ने गुप्त सूचना के आधार पर 56 चोरी के मोबाइल फोन बरामद किए हैं। इस कार्रवाई में एक बांग्लादेशी नागरिक और एक अन्य व्यक्ति को गिरफ्तार किया गया है, जिनसे गहन पूछताछ जारी है।
हजारीबाग जिले में पुलिस ने मोटरसाइकिल चोरी करने वाले एक गिरोह पर कार्रवाई की है। पेलावल ओपी क्षेत्र से चोरी की 17 मोटरसाइकिल, एक टोटो और दो मोबाइल बरामद किए गए हैं। इस मामले में गिरोह के सात आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस के मुताबिक, 17 सितंबर 2026 को हजारीबाग एसपी को जानकारी मिली थी। इसमें बताया गया था कि जिले में पहले से सक्रिय मोटरसाइकिल चोरों का गिरोह फिर से चोरी और खरीद-बिक्री कर रहा है। संदिग्ध हालत में घूम रहे युवकों पर नजर रखी इस सूचना की जांच और कार्रवाई के लिए बड़कागांव एसडीपीओ अमित आनंद (IAS) की अगुवाई में एक पुलिस टीम बनाई गई। छापेमारी टीम ने तकनीकी और अन्य सबूतों के आधार पर काम किया। उन्होंने छड़वा डैम के पास मोटरसाइकिल से संदिग्ध हालत में घूम रहे युवकों पर नजर रखी। जब इन युवकों ने पुलिस की गाड़ी देखकर भागने की कोशिश की, तो उन्हें घेरकर पकड़ लिया गया।पूछताछ में आरोपियों ने मोटरसाइकिल चोरी की कई घटनाओं में शामिल होने की बात कबूली। आरोपियों की बताई जगहों से चोरी की मोटरसाइकिलें बरामद पुलिस ने बताया कि गिरफ्तार आरोपियों में मोहम्मद हुसैन अंसारी उर्फ दानिश, इरफान अंसारी उर्फ छोटू, मोहम्मद मुन्ना उर्फ ताहिर, तस्लीम अंसारी, सरफराज अंसारी उर्फ छोटू, पवन कुमार साव और फजरेद्दीन अंसारी उर्फ साहिल उर्फ छोटू शामिल हैं। आरोपियों ने पूछताछ में बताया कि वे चार लोग मिलकर मोटरसाइकिल चुराते थे। 16 सितंबर 2026 को छड़वा मैदान बाजार से एक सुपर स्प्लेंडर चोरी हुई थी। इस संबंध में कटकमसांडी थाने में केस दर्ज किया गया था। पुलिस ने आरोपियों की बताई जगहों से चोरी की मोटरसाइकिलें बरामद कीं। इरफान उर्फ छोटू के घर से अपाची, होंडा साइन और स्प्लेंडर प्लस मिलीं। मोहम्मद हुसैन अंसारी के घर से ग्लैमर और होंडा साइन बरामद हुईं। इसके अलावा, करमा स्थित गैराज, डांटो के जंगल और केराडारी क्षेत्र से भी कई मोटरसाइकिलें मिलीं। पुलिस के अनुसार, आरोपियों ने चोरी की मोटरसाइकिलों को छिपाने और बेचने की बात भी कबूली है।
बठिंडा की कैनाल कॉलोनी पुलिस ने सांस्कृतिक कलाकार रघुवीर सिंह उर्फ लक्की की हत्या का मामला सुलझा लिया है। रघुवीर की हत्या अर्जुन नगर में उनके किराए के मकान में हुई थी। पुलिस ने इस मामले में 2 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों की पहचान गांव बहिमण निवासी किरनदीप सिंह और गांव बहिमण दीवाना निवासी सोनी सिंह के रूप में हुई है। सोनी सिंह फिलहाल बल्लुआना में रह रहा था। पुलिस ने आरोपियों की निशानदेही पर हत्या में इस्तेमाल हथौड़ी और मृतक का मोबाइल बरामद किया है। पुलिस के मुताबिक, 12 सितंबर को अर्जुन नगर स्थित किराए के मकान में रघुवीर सिंह की हत्या हुई थी। किसी अज्ञात व्यक्ति ने उन पर गंभीर चोटें की थीं। मृतक की बहन रविंदर कौर, जो बीड़ तालाब की रहने वाली हैं, के बयान पर कैनाल कॉलोनी थाने में FIR नंबर 272 दर्ज की गई थी। यह FIR 13 सितंबर, 2026 को भारतीय न्याय संहिता की धारा 103 और 61(2) के तहत अज्ञात आरोपी के खिलाफ दर्ज हुई थी। मृतक की बहन के बयान पर हुआ मामला दर्ज जांच के दौरान पुलिस को इस मामले में अहम सुराग मिले। 17 सितंबर को मृतक की बहन के अतिरिक्त बयान और पुलिस जांच के तथ्यों के आधार पर किरनदीप सिंह और सोनी सिंह का नाम सामने आया। इसके बाद पुलिस ने दोनों आरोपियों को 18 सितंबर को गिरफ्तार कर लिया। रंजिश और रिश्ते से जुड़ा विवाद सामने आया पुलिस की शुरुआती जांच में हत्या के पीछे रंजिश और रिश्ते से जुड़ा विवाद सामने आया है। बताया गया है कि मृतक रघुवीर सिंह महिलाओं के कपड़े पहनकर सांस्कृतिक कार्यक्रमों में प्रस्तुति देते थे। आरोपी सोनी सिंह भी इसी तरह के सांस्कृतिक कार्यक्रमों में प्रस्तुति देता था और कटड़ा में भीख मांगने का काम करता था। पुलिस ने बताया कि दोनों आरोपियों का इससे पहले कोई आपराधिक इतिहास नहीं है। पुलिस अब आरोपियों से पूछताछ कर हत्या से जुड़े अन्य बिंदुओं की जांच कर रही है।
मधेपुरा पुलिस ने 'ऑपरेशन मुस्कान' के तहत बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस ने अलग-अलग थानों में दर्ज शिकायतों के आधार पर 108 खोए हुए मोबाइल बरामद किए हैं। इनमें से 65 मोबाइल पहले ही उनके मालिकों को सौंपे जा चुके थे। शुक्रवार को बाकी बचे 43 मोबाइल भी उनके धारकों को लौटा दिए गए। मोबाइल वापस मिलने के बाद लोगों के चेहरों पर खुशी साफ दिखी। सभी मालिकों ने पुलिस की इस पहल की तारीफ की। एडिशनल एसपी (मुख्यालय) नेसार अहमद साह ने बताया कि पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर तकनीकी शाखा ने काम किया। CEIR पोर्टल पर ऑनलाइन दर्ज कराई थी शिकायत जिले के अलग-अलग थानों में दर्ज शिकायतों और CEIR पोर्टल पर मिली जानकारी के आधार पर मोबाइलों की तकनीकी जांच की गई। इस जांच के बाद कुल 108 मोबाइल अलग-अलग जगहों से बरामद किए गए। जैसा कि बताया गया, 65 मोबाइल पहले ही दिए जा चुके थे और शुक्रवार को 43 मोबाइल उनके मालिकों को सौंपे गए। मोबाइल वापस पाने वाले शालीग्राम मेहता ने बताया कि उनका फोन जून में खो गया था। शालीग्राम मेहता ने 22 जून को CEIR पोर्टल पर ऑनलाइन शिकायत दर्ज कराई थी। शुक्रवार को उन्हें मधेपुरा में अपना मोबाइल वापस मिल गया। लंबे समय बाद फोन वापस मिलने से बहुत खुशी - महिला उन्होंने कहा कि ऑनलाइन शिकायत से मोबाइल मिलने की बात पहले सुनी थी, लेकिन अब उन्हें पुलिस की इस व्यवस्था पर पूरा भरोसा हो गया है। एक महिला मालिक ने बताया कि उनका मोबाइल करीब दो साल पहले खो गया था। इतने लंबे समय बाद फोन वापस मिलने से उन्हें बहुत खुशी है। मोबाइल वापस मिलने पर सभी मालिकों ने मधेपुरा पुलिस और तकनीकी शाखा के काम की तारीफ की। पुलिस ने बताया कि CEIR (Central Equipment Identity Register) पोर्टल खोए या चोरी हुए मोबाइलों को ट्रैक करने में मदद करता है। 'ऑपरेशन मुस्कान' के तहत इसी तकनीक का इस्तेमाल करके मोबाइलों को बरामद किया गया और उनके असली मालिकों तक पहुंचाया गया।
छत्तीसगढ़ के रायगढ़ जिला जेल में गुरुवार शाम और रात को दो अलग-अलग मोबाइल फोन मिले। पहला मोबाइल जेल की बाहरी दीवार की तरफ से अंदर फेंका गया था। वहीं, दूसरा मोबाइल जेल परिसर में बने 10 बिस्तरों वाले अस्पताल से मिला। दोनों मोबाइल में सिम कार्ड भी लगे हुए थे। मामले की जानकारी मिलने के बाद जेल प्रशासन ने जांच शुरू कर दी है। जानकारी के अनुसार, गुरुवार शाम जेल की सुरक्षा में तैनात प्रहरियों ने एक मोबाइल देखा। जांच में पता चला कि यह मोबाइल जेल के पीछे की तरफ से बाहर से अंदर फेंका गया था। प्रहरियों ने इसकी जानकारी जेल अधीक्षक को दी। इसके बाद मोबाइल जब्त कर लिया गया। वहीं, गुरुवार रात जेल के 10 बिस्तरों वाले अस्पताल से भी एक मोबाइल फोन बरामद हुआ। दोनों मोबाइल में सिम कार्ड लगे थे। इसके बाद जेल प्रबंधन ने जूटमिल पुलिस को पत्र लिखकर मामले की जांच की मांग की है। पुलिस से सिम कार्ड किसके नाम पर हैं, इसकी जानकारी निकालने के साथ ही दोनों मोबाइल से किन लोगों से बातचीत हुई, इसकी भी जांच करने को कहा गया है। CCTV फुटेज भी खंगाला जा रहा मोबाइल जेल के अंदर कैसे पहुंचा और इसे कौन अंदर लेकर आया, इसकी जानकारी जुटाई जा रही है। इसके लिए जेल प्रबंधन CCTV कैमरों की फुटेज भी खंगाल रहा है। खासकर उस जगह की गतिविधियों की जांच की जा रही है, जहां से मोबाइल को बाहर से जेल के अंदर फेंके जाने की बात सामने आई है। जांच के लिए पुलिस को लिखा पत्र जिला जेल अधीक्षक जीएस सोरी ने बताया कि गुरुवार शाम सुरक्षाकर्मियों को जेल के पीछे की तरफ से फेंका गया एक मोबाइल मिला था। इसके बाद जेल के अस्पताल से दूसरा मोबाइल बरामद हुआ। दोनों मोबाइल में सिम कार्ड लगे हुए हैं। मामले की जांच के लिए जेल प्रबंधन ने जूटमिल पुलिस को पत्र लिखा है। पुलिस से सिम कार्ड किसके नाम पर हैं और इन मोबाइल से किन लोगों से बातचीत हुई, इसकी जानकारी जुटाने को कहा गया है।
पूर्णिया ऑपरेशन मुस्कान के तहत बरामद मोबाइल का वितरण, अब तक 1040 मोबाइल बरामद: एसएसपी
18 सितंबर, शुक्रवार: पूर्णिया में ऑपरेशन मुस्कान के तहत बरामद मोबाइल वितरित किए गए, अब तक 1040 बरामद: एसएसपी।
इंदौर के कनाड़िया क्षेत्र में निजी फर्म में काम करने वाले रंजीत कुमार भंडारी के डेबिट कार्ड का इस्तेमाल कर अज्ञात व्यक्ति ने आईफोन समेत दो मोबाइल खरीद लिए। दोनों मोबाइल की कीमत करीब 1 लाख 10 हजार रुपए है। रंजीत को ठगी की जानकारी तब लगी, जब बैंक से किश्तें जमा नहीं होने का कॉल आया। कनाड़िया पुलिस ने रंजीत की शिकायत पर अज्ञात व्यक्ति के खिलाफ एफआईआर दर्ज की है। रंजीत ने बताया कि 27 तारीख को एचडीएफसी बैंक से कॉल आया। बैंक ने बताया कि उनके डेबिट कार्ड से आईफोन 16 और एक अन्य कंपनी का फोन खरीदा गया है और दोनों की EMI जमा नहीं हुई है। जनवरी 2026 में फ्लिपकार्ट से खरीदे दोनों मोबाइल बैंक से कॉल आने के बाद रंजीत एचडीएफसी बैंक पहुंचे और जानकारी ली। वहां पता चला कि जनवरी 2026 में अज्ञात व्यक्ति ने उनका डेबिट कार्ड हैक कर दो मोबाइल खरीदे थे। दोनों मोबाइल की खरीदारी ऑनलाइन वेबसाइट फ्लिपकार्ट से की गई थी। एक मोबाइल दिल्ली, दूसरा पुणे में चल रहा रंजीत ने मामले की शिकायत साइबर पुलिस से की। पुलिस ने दोनों मोबाइल की ऑनलाइन जानकारी निकाली। इसमें पता चला कि एक मोबाइल दिल्ली में राहुल नाम का व्यक्ति चला रहा है, जबकि दूसरा पुणे में उज्ज्वल नाम के युवक के पास है। पुलिस अब दोनों मोबाइल नंबरों के यूजर्स से बात कर रही है। इनके जरिए मोबाइल बेचने वालों के बारे में जानकारी जुटाई जा रही है।
भोपाल के एमपी नगर जोन-1 स्थित मेट्रो ब्रिज के पास स्मैक बेचने के लिए ग्राहकों का इंतजार कर रहे दो युवकों को क्राइम ब्रांच ने गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से 3.53 ग्राम स्मैक और दो मोबाइल फोन जब्त किए हैं, जिनकी कुल कीमत करीब 1.50 लाख रुपए बताई गई है। दोनों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट की धारा 8/21 के तहत मामला दर्ज कर शुक्रवार को कोर्ट में पेश किया गया। मुखबिर की सूचना पर क्राइम ब्रांच ने की घेराबंदी क्राइम ब्रांच की टीम को गश्त के दौरान मुखबिर से सूचना मिली थी कि मेट्रो ब्रिज के पास मैदान में दो युवक मादक पदार्थ लेकर बैठे हैं। सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची और घेराबंदी कर दोनों को पकड़ लिया। दोनों के पास मिली स्मैक की पुड़िया पूछताछ में आरोपियों की पहचान हर्षवर्धन नगर निवासी 28 वर्षीय कार्तिक राजपूत और आनंद नगर निवासी 21 वर्षीय सूरज कुशवाह के रूप में हुई। तलाशी में कार्तिक की पैंट की जेब से रेडमी मोबाइल और कागज की पुड़िया मिली। सूरज के पास से वीवो मोबाइल और एक कागज की पुड़िया बरामद हुई। दोनों पुड़ियों में स्मैक थी, जिसका कुल वजन 3.53 ग्राम निकला। ड्राइवर और डिलीवरी बॉय हैं आरोपी, एक पर 14 केस पुलिस के अनुसार कार्तिक राजपूत नौवीं तक पढ़ा है और निजी ड्राइवर का काम करता है। उसके खिलाफ एमपी नगर, बागसेवनिया, रातीबड़, श्यामला हिल्स और अयोध्या नगर थानों में चोरी, नकबजनी और लूट समेत 14 अपराध दर्ज हैं। वहीं दूसरा आरोपी सूरज आठवीं तक पढ़ा है और ब्लिंकिट में डिलीवरी का काम करता है। दोनों आरोपियों से पूछताछ जारी पुलिस दोनों से पूछताछ कर रही है कि वे स्मैक कहां से खरीदकर लाए थे और इसे किन लोगों को सप्लाई करने वाले थे। पुलिस उनके मोबाइल फोन की भी जांच कर रही है, ताकि सप्लाई से जुड़े अन्य लोगों की जानकारी मिल सके।
पूर्णिया पुलिस ने 'ऑपरेशन मुस्कान' के तहत 60 खोए और चोरी हुए मोबाइल फोन उनके असली मालिकों को वापस किए हैं। एक कार्यक्रम के दौरान एसएसपी डॉ. शौर्य सुमन ने ये फोन सौंपे। बरामद किए गए मोबाइल की अनुमानित कीमत करीब 15 लाख रुपए बताई जा रही है। 60 मोबाइल सौंपे गए, जबकि बाकियों का सत्यापन जारी एसएसपी डॉ शौर्य सुमन ने बताया कि बरामद किए गए मोबाइलों में से कुछ छह महीने पहले गुम हुए थे, तो कुछ एक साल से गायब थे। कई फोन बीते महीनों में चोरी या छिनतई का शिकार हुए थे। ऑपरेशन मुस्कान के इस चरण में पुलिस ने सैंकड़ों मोबाइल बरामद किए हैं, जिनमें से 60 का त्वरित सत्यापन कर उनके मालिकों को सौंप दिया गया है, जबकि शेष मोबाइलों का सत्यापन कार्य तेजी से जारी है। चार वर्षों की उपलब्धियां और आंकड़े जिला पुलिस के आंकड़ों के अनुसार ऑपरेशन मुस्कान के माध्यम से पिछले चार वर्षों में अब तक कुल 1,040 मोबाइल फोन सफलतापूर्वक बरामद कर उनके मालिकों को वापस किए जा चुके हैं। पुलिस ने स्पष्ट किया कि बरामद किए गए फोन संबंधित पोर्टल पर दर्ज कराई गई कुल शिकायतों का लगभग 12 प्रतिशत है। जबकि वर्ष 2026 में कुल 355 मोबाइल पुलिस ने बरामद कर उनके वास्तविक मालिकों को सौंपा है । ऑपरेशन मुस्कान ने बढ़ाई उम्मीद फोन पाने वाले लाभार्थियों ने पूर्णिया पुलिस के प्रति गहरा आभार व्यक्त किया। कई लोगों का कहना था कि समय बीतने के साथ उन्होंने अपने फोन वापस मिलने की उम्मीद छोड़ दी थी, लेकिन पुलिस की इस कार्यप्रणाली ने उन्हें बड़ी राहत पहुंचाई है। एसएसपी की नागरिकों से अपील एसएसपी डॉ. शौर्य सुमन ने मोबाइल सुरक्षा और तत्परता पर जोर देते हुए कहा कि मोबाइल गुम या चोरी होने की स्थिति में घबराएं नहीं। फोन गायब होते ही तुरंत केंद्र सरकार के सीईआईआर पोर्टल पर अपनी शिकायत दर्ज कराएं। पोर्टल पर जानकारी दर्ज होने से पुलिस को मोबाइल को ट्रैक करने और उसे तुरंत ब्लॉक करने में मदद मिलती है, जिससे फोन का दुरुपयोग रोका जा सकता है।
डीडवाना-कुचामन जिले में पुलिस ने 4 घंटे की सघन नाकाबंदी की। एसपी डॉ. प्यारेलाल शिवरान के निर्देश पर यह अभियान चलाया गया। शाम 7 बजे से रात 11 बजे तक चले इस अभियान में अवैध वाहनों, संदिग्ध लोगों और चीजों की जांच की गई। साथ ही, यातायात नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहन चालकों पर कार्रवाई की गई। अभियान के दौरान यातायात नियमों का उल्लंघन करने वाले 254 वाहन चालकों के चालान काटे गए। इनमें काली फिल्म लगे 54 वाहनों, बिना हेलमेट के 48, बिना सीट बेल्ट के 49 और वाहन चलाते समय मोबाइल पर बात करने वाले 6 चालकों पर कार्रवाई हुई। इसके अलावा, बिना नंबर प्लेट या अस्पष्ट नंबर वाले 50 वाहनों के भी चालान किए गए। अन्य यातायात नियमों के उल्लंघन पर 47 चालान बनाए गए। एएसपी डीडवाना हिमांशु शर्मा, कुचामन के विमल सिंह और परबतसर के भूपेंद्र शर्मा की देखरेख में यह अभियान चला। जिले के सभी वृत्ताधिकारी और थाना प्रभारियों ने इसे पूरा किया। पुलिस टीमों ने मुख्य सड़कों, राष्ट्रीय और राज्य राजमार्गों के साथ शहरी और ग्रामीण इलाकों में नाके लगाए। वाहनों की जांच के लिए मोबाइल टीमें और लगातार गश्त भी की गई।
इंदौर रिटेल गारमेंट्स एसोसिएशन ने UPI भुगतान पर प्रस्तावित मर्चेंट फीस के विरोध को आम उपभोक्ताओं तक पहुंचाने की तैयारी शुरू कर दी है। 18 सितंबर से शहर के बाजारों और दुकानों पर पोस्टर लगाए जाएंगे, साथ ही इंस्टाग्राम, वॉट्सऐप, फेसबुक और एक्स पर डिजिटल अभियान चलाया जाएगा। एसोसिएशन ने अभियान के जरिए 10 लाख मोबाइल स्क्रीन तक संदेश पहुंचाने का लक्ष्य रखा है। एसोसिएशन अध्यक्ष अक्षय जैन ने बताया कि 18 सितंबर को दोपहर 1 बजे से अलग-अलग बाजारों में दुकानों पर ‘UPI पर मर्चेंट फीस का विरोध’ लिखे पोस्टर लगाए जाएंगे। सोशल मीडिया के जरिए उपभोक्ताओं को मर्चेंट फीस और इसके संभावित असर की जानकारी दी जाएगी। फीस और 18% GST के संभावित असर की जानकारी देंगे एसोसिएशन के मुताबिक, डिजिटल भुगतान अब व्यापार और रोजमर्रा की जिंदगी का हिस्सा बन चुका है। ऐसे में UPI पर किसी अतिरिक्त लागत का असर केवल व्यापारियों तक सीमित नहीं रहेगा। अभियान में सरल उदाहरणों के जरिए मर्चेंट फीस और उस पर लागू होने वाली 18% जीएसटी के संभावित अतिरिक्त भार को समझाने का प्रयास किया जाएगा। संगठन का कहना है कि अतिरिक्त शुल्क लागू होने पर व्यापारियों की डिजिटल भुगतान लागत बढ़ सकती है। इसी संभावित प्रभाव को लेकर व्यापारियों और उपभोक्ताओं के बीच जागरूकता बढ़ाने का प्रयास किया जा रहा है। पोस्टर के साथ सोशल मीडिया अभियान अभियान दो स्तरों पर चलाया जाएगा। बाजारों में पोस्टर लगाकर प्रत्यक्ष जागरूकता और सोशल मीडिया के जरिए व्यापक डिजिटल संपर्क किया जाएगा। एसोसिएशन का कॉल सेंटर भी अभियान से जुड़ी जानकारी और व्यापारियों-उपभोक्ताओं की प्रतिक्रियाएं जुटाने में सहयोग करेगा। शुक्रवार शाम व्यापारियों की बैठक भी रखी गई है, जिसमें UPI मर्चेंट फीस से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर चर्चा की जाएगी। एसोसिएशन ने स्पष्ट किया कि अभियान किसी राजनीतिक दल के विरोध में नहीं है। संगठन इसे व्यापारियों और उपभोक्ताओं की संभावित लागत संबंधी चिंता को शांतिपूर्ण तरीके से सामने रखने का प्रयास बता रहा है।
रतलाम में गणेश उत्सव और आगामी त्योहारों को देखते हुए एसपी अमित कुमार गुरुवार रात अचानक शहर की सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लेने निकले। उन्होंने गरबा और गणेश पंडालों पर पहुंचकर व्यवस्थाएं देखीं। इसके बाद शहर में बनाई गई अस्थाई पुलिस चौकियों का निरीक्षण किया और वहां तैनात पुलिसकर्मियों की मौजूदगी व सक्रियता जांची। एसपी ने पंडालों में सुरक्षा व्यवस्था के साथ वॉलेंटियर्स की तैनाती और अन्य इंतजामों की जानकारी ली। उन्होंने वॉलेंटियर्स के रजिस्टर, रोस्टर और समय-सारणी भी देखी। पंडालों में लगे सीसीटीवी कैमरों को लेकर भी जानकारी ली। अस्थाई पुलिस चौकियों पर पहुंचे एसपी एसपी अमित कुमार शहर में बनाई गई अस्थाई पुलिस चौकियों पर पहुंचे। उन्होंने वहां तैनात पुलिस बल की उपस्थिति और ड्यूटी व्यवस्था की जांच की। त्योहारों के दौरान पुलिस की गश्त और मौके पर सक्रियता बनाए रखने के निर्देश दिए। इसके बाद एसपी ने शहर के अलग-अलग इलाकों में सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया। अचानक हुए इस निरीक्षण में पुलिस की मैदानी ड्यूटी और गश्त व्यवस्था को भी देखा गया। चीता पार्टियों और गश्त व्यवस्था को किया चेक एसपी माणकचौक थाना क्षेत्र में भी पहुंचे। यहां थाना प्रभारी विक्रम सिंह चौहान और अन्य पुलिस अधिकारियों के साथ क्षेत्र में भ्रमण किया। इस दौरान गश्त व्यवस्था और चीता पार्टियों को चेक किया गया। एसपी ने पुलिस अधिकारियों को त्योहारों के दौरान सुरक्षा व्यवस्था मजबूत रखने, लगातार सतर्क रहने और प्रभावी पुलिसिंग के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
कानपुर के फीलखाना थाना क्षेत्र में साइबर ठगों ने महज 6 मिनट में महिला के खाते से 8.43 लाख रुपए निकाल लिए। ठगों ने 10 UPI ट्रांजेक्शन कर रकम अलग-अलग खातों में भेजी। इसके बाद बैंक में दर्ज महिला का मोबाइल नंबर भी बंद करा दिया। पटकापुर निवासी रीना बेगम का सिविल लाइंस स्थित एक्सिस बैंक में खाता है। रीना के मुताबिक, खाते में करीब 14.06 लाख रुपए जमा थे। 28 अगस्त की शाम 8:30 से 8:36 बजे के बीच ठगों ने 8.43 लाख रुपए ट्रांसफर कर दिए। अगले दिन मोबाइल नंबर बंद होने पर पति हफीज मलिक ने फोन चेक किया। उसमें रकम ट्रांसफर होने के कई मैसेज मिले। रीना ने बताया कि उन्होंने न कोई अनजान लिंक खोला था और न ही किसी को OTP बताया था। उन्हें शक है कि मोबाइल हैक करके खाते से रकम निकाली गई। साइबर थाना प्रभारी अभय सिंह ने बताया कि तहरीर पर रिपोर्ट दर्ज कर जांच की जा रही है।
पुलिस ने चेताया: मोबाइल हाथ में लेकर या नशे में वाहन चलाने से बचें, ये हादसों की वजह
सड़क पर वाहन चलाते समय मोबाइल देखना, तेज रफ्तार, नशे में ड्राइविंग और ओवरलोडिंग न सिर्फ ट्रैफिक नियमों का उल्लंघन है, बल्कि हादसे की बड़ी वजह भी बन सकता है। ड्राइवर डिग्निटी डे पर गुरुवार को ट्रैफिक पुलिस और प्रतापनगर थाना पुलिस ने ट्रांसपोर्ट नगर में वाहन चालकों और ट्रांसपोर्ट व्यवसायियों के साथ बैठक कर सुरक्षित ड्राइविंग के लिए जरूरी सावधानियां बताईं। बैठक में चालकों को मोबाइल फोन का इस्तेमाल नहीं करने, निर्धारित गति सीमा में वाहन चलाने और लेन बदलते समय यातायात संकेतों का पालन करने की समझाइश दी गई। ओवरलोडिंग से बचने, सीट बेल्ट लगाने और नशे की हालत में वाहन नहीं चलाने के लिए भी कहा गया। पुलिस ने चालकों से वाहन की फिटनेस पर भी ध्यान देने को कहा। खास तौर पर ब्रेक, टायर और लाइट की नियमित जांच कराने की सलाह दी गई, ताकि वाहन में तकनीकी खराबी के कारण सड़क पर कोई हादसा न हो। बैठक में ट्रांसपोर्ट व्यवसायियों और वाहन चालकों से सड़क दुर्घटनाओं को रोकने में पुलिस का सहयोग करने की अपील की गई। चालकों को ‘सुरक्षित ड्राइविंग, सुरक्षित जीवन’ का संदेश अपनाने के लिए कहा गया। बैठक में यातायात निरीक्षक आदर्श परिहार, प्रतापनगर थानाधिकारी अजय सिंह राव, उदयपुर ट्रांसपोर्ट ऑर्गेनाइजेशन के संरक्षक पुष्पराज मेहता, अध्यक्ष नरेन्द्र सिंह राणावत सहित अन्य लोग मौजूद रहे।
Mohali News: मोबाइल हैक कर खाते से उड़ाए 97,995 रुपये, आधे घंटे में हुईं छह लेनदेन
97,995 siphoned off from account after hacking mobile; six transactions took place within half an hour
Shahjahanpur News: खेत पर जा रही सगी बहनों को रास्ते में रोककर मोबाइल देने की कोशिश
खुटार। खेत पर जा रहीं दो सगी बहनों को दूसरे समुदाय के दो युवकों ने रास्ते में रोककर मोबाइल देने की कोशिश की। पिता के पहुंचने पर युवकों ने दरांती से घायल करने की कोशिश की। एक युवक को पकड़कर पुलिस को सौंपा गया है।
Mandi News: संदिग्धों की मोबाइल लोकेशन खंगाल रही पुलिस, मंडी-कांगड़ा के चोर गिरोह पर नजर
जोगिंद्रनगर में 48 घंटे के भीतर चोरी की तीन वारदातों के बाद पुलिस ने जांच का दायरा मंडी-कांगड़ा तक बढ़ा दिया है।
Hisar News: टीबी जांच के लिए मोबाइल वैन से घर-घर तक पहुंचेगी स्वास्थ्य सुविधा
सेवा संकल्प अभियान के तहत जिले में टीबी एवं स्वास्थ्य जांच मोबाइल वैन सेवा शुरू की गई है। विधायक सावित्री जिंदल ने वीरवार को वैन को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया।
Ghaziabad News: मोबाइल हैक कर युवक के चार खातों से साढ़े चार लाख निकाले
मोबाइल हैक कर युवक के चार खातों से साढ़े चार लाख निकाले
Jalaun News: मोबाइल चोरी के शक में किशोर को नहर में धकेलने का आरोप
मोबाइल चोरी के शक में किशोर को नहर में धकेलने का आरोप
सिरसा जिले में रानियां की अनाज मंडी में गुरुवार देर शाम दो गुटों में झगड़ा हो गया। इस दौरान कुछ अज्ञात युवकों ने एक युवक पर तेजधार हथियारों से हमला कर दिया, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया। पुलिस मौके पर पहुंची और घायल को अस्पताल में भर्ती कराया। जानकारी के अनुसार, यह झगड़ा मोबाइल चैटिंग को लेकर हुआ था। इस विवाद को सुलझाने के लिए एक पंचायत बुलाई गई थी। इसी पंचायत के दौरान करीब 6-7 अज्ञात युवकों ने हमला कर दिया। घायल युवक सिरसा रेफर झगड़े में माधोसिंघाना निवासी अमन गंभीर रूप से घायल हो गया। अमन अविवाहित है। उसे तुरंत रानियां के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया, जहां से उसे सिरसा रेफर कर दिया गया है। घटना के बाद हमलावर मौके से फरार हो गए। पुलिस मामले की जांच में जुटी हुई है।
कबीर नगर पुलिस ने मोबाइल चोरी और लूट करने वाले अंतरराज्यीय गिरोह का खुलासा किया है। गिरोह रायपुर से चोरी और लूटे गए मोबाइल ओडिशा भेजता था। वहां मोबाइल का लॉक खोलकर उन्हें आगे राजस्थान में बेचा जाता था। पुलिस ने मामले में पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पूछताछ में करीब 100 मोबाइल चोरी और लूट की घटनाओं का खुलासा हुआ है। आरोपियों से 14 मोबाइल और दो लैपटॉप जब्त किए गए हैं। पुलिस के मुताबिक, वारदातों की जांच के दौरान टीम ने अलग-अलग जगहों के सीसीटीवी फुटेज खंगाले। एक फुटेज में शहजाद अली उर्फ भिंडी नजर आया। पुलिस ने उसे रावाभाटा क्षेत्र से गिरफ्तार किया। पूछताछ में पता चला कि वह पहले भी मोबाइल लूट के मामले में जेल जा चुका है। इसके बाद पुलिस ने उसके नेटवर्क की जानकारी जुटाई। जेल में बनी पहचान, फिर तैयार हुआ नेटवर्क शहजाद की निशानदेही पर पुलिस ने गौरव मझखंड और कृष दीप को भी गिरफ्तार किया। पूछताछ में सामने आया कि रायपुर में चोरी और लूटे गए मोबाइल स्थानीय स्तर पर नहीं बेचे जाते थे। इन्हें ओडिशा के राजखरीयार क्षेत्र में रहने वाले भोदेव मेहर तक पहुंचाया जाता था। पुलिस के अनुसार भोदेव मोबाइल दुकान की आड़ में चोरी के फोन का लॉक खोलता था। इसके बाद उन्हें सेकंड हैंड मोबाइल बताकर बेच दिया जाता था। जिन मोबाइल का लॉक नहीं खुल पाता था, उनमें मदरबोर्ड बदलकर उनकी पहचान बदलने की कोशिश की जाती थी। ओडिशा में नहीं खुला लॉक तो राजस्थान भेजते थे कुछ मोबाइल को अनलॉक करने के लिए राजस्थान के कोटा निवासी आकाश परेटा के पास भेजा जाता था। पुलिस के मुताबिक वह तकनीकी माध्यम से ऐसे मोबाइल का लॉक खोलता था और उन्हें बाजार में बेचने में मदद करता था। कबीर नगर पुलिस और साइबर टीम ने मोबाइल की पूरी सप्लाई चेन को ट्रेस कर रायपुर, ओडिशा और राजस्थान से आरोपियों को गिरफ्तार किया। पुलिस अब गिरोह के अन्य सदस्यों और इससे जुड़ी बाकी वारदातों की जानकारी जुटा रही है।
भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने पंजाब के हलका लुधियाना और साहनेवाल के लोगों की सुविधा के लिए एक अहम पहल की है। पंजाब भाजपा के प्रवक्ता और मीडिया इंचार्ज प्रितपाल सिंह बलिएवाल की ओर से इलाके में 'मोबाइल दफ्तर' की शुरुआत की गई है। इस मोबाइल दफ्तर का पोस्टर भाजपा के राष्ट्रीय महामंत्री व पंजाब इंचार्ज सतीश पूनिया, पंजाब भाजपा अध्यक्ष केवल सिंह ढिल्लों, सह-इंचार्ज नरेंद्र सिंह रैना और संगठन मंत्री श्रीनिवासलू ने संयुक्त रूप से जारी किया। सीधे लोगों तक पहुंचेंगी केंद्र की योजनाएं इस मौके पर प्रितपाल सिंह बलिवाल ने बताया कि इस 'मोबाइल दफ्तर' का मुख्य उद्देश्य केंद्र सरकार की विभिन्न लोक-भलाई योजनाओं और सुविधाओं की जानकारी सीधे तौर पर हलका साहनेवाल के लोगों तक पहुंचाना है, ताकि योग्य लाभार्थी इनका पूरा लाभ ले सकें। युवाओं के रोजगार और नशा मुक्ति पर रहेगा खास जोर बलिवाल ने बताया कि मोबाइल दफ्तर के जरिए नौजवानों को मुफ्त स्किल डेवलपमेंट कोर्स, रोजगार और नौकरियों से संबंधित मौकों के बारे में विस्तार से जानकारी दी जाएगी। इसके अलावा, जो परिवार नशे की समस्या से जूझ रहे हैं, उन्हें मुफ्त नशा-छुड़ाओ केंद्रों और उपलब्ध सहायता के बारे में भी जागरूक किया जाएगा। गांवों और शहरी इलाकों में होगा सीधा संपर्क यह मोबाइल दफ्तर हलका साहनेवाल के विभिन्न गांवों और शहरी इलाकों में जाएगा। इसके जरिए भाजपा नेता और कार्यकर्ता लोगों के साथ सीधा संपर्क करेंगे, उनकी ग्राउंड-लेवल की समस्याओं व जरूरतों को समझेंगे और उन्हें हर संभव सहायता प्रदान करने के प्रयास किए जाएंगे।
हांसी में मोबाइल मेडिकल यूनिट की शुरुआत की गई है। विधायक विनोद भयाना ने हरियाणा सरकार की सेवा संकल्प पहल के तहत नागरिक अस्पताल से इस यूनिट को हरी झंडी दिखाई। यह यूनिट स्वास्थ्य सेवाओं को लोगों के करीब लाने के लिए ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में प्राथमिक सुविधाएं उपलब्ध करवाएगी। मोबाइल मेडिकल यूनिट में डॉक्टर, नर्स और जरूरी मेडिकल स्टाफ मौजूद रहेगा। इसमें लोगों की सामान्य स्वास्थ्य जांच, डॉक्टरों से सलाह और जरूरत के हिसाब से दवाइयां मिलेंगी। यूनिट में कुछ जरूरी जांचें भी की जा सकेंगी। इसका फायदा खासकर उन इलाकों के लोगों को मिलेगा, जहां अस्पताल या स्वास्थ्य केंद्र तक पहुंचना मुश्किल है। स्वास्थ्य सेवाओं को जरूरतमंद लोगों तक पहुंचाना मकसद : भयाना विधायक विनोद भयाना ने बताया कि सरकार का मकसद स्वास्थ्य सेवाओं को जरूरतमंद लोगों के घर तक पहुंचाना है। उन्होंने कहा कि मोबाइल यूनिट के लगातार दौरों से ग्रामीण इलाकों के लोगों को छोटी-मोटी स्वास्थ्य समस्याओं के लिए दूर अस्पताल जाने की दिक्कत से छुटकारा मिलेगा। स्वास्थ्य विभाग की टीम इलाज के साथ-साथ लोगों को साफ-सफाई, सही खान-पान, अच्छी जीवनशैली और बीमारियों से बचने के तरीकों के बारे में भी जागरूक करेगी। विभाग के मुताबिक, यह यूनिट जिले के अलग-अलग ग्रामीण और शहरी इलाकों में लगातार पहुंचेगी। इस मौके पर सिविल सर्जन डॉ. राहुल बुद्धिराजा, डॉ. कामिद मोंगा समेत स्वास्थ्य विभाग के कई अधिकारी और कर्मचारी मौजूद थे।
नोएडा में खिलौना पिस्टल दिखाकर लोगों से मोबाइल और सामान लूटने वाले गैंग का सेक्टर-63 पुलिस ने खुलासा किया है। पुलिस ने गैंग के चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। इनके पास से 24 मोबाइल फोन, एक लैपटॉप, 8 हजार रुपये, चाकू, खिलौना पिस्टल और वारदात में इस्तेमाल दो बाइक बरामद हुई हैं। डीसीपी शैलेंद्र कुमार सिंह ने बताया कि 16 सितंबर को एक व्यक्ति ने सेक्टर-63 थाने में शिकायत दी थी कि बदमाश उसका बैग छीनकर ले गए। बैग में लैपटॉप, चार्जर, मोबाइल और पर्स था। पर्स में आधार कार्ड और पैन कार्ड भी रखे थे। शिकायतकर्ता के खाते से 11,600 रुपये निकालने की बात भी सामने आई थी। इसके बाद पुलिस ने आरोपियों की तलाश शुरू की। 17 सितंबर को पुलिस ने लोकल इंटेलिजेंस और गोपनीय सूचना के आधार पर एफएनजी गोल चक्कर से बहलोलपुर अंडरपास की तरफ जाने वाली सर्विस रोड से चारों को गिरफ्तार कर लिया। 23 मोबाइल के बारे में जानकारी जुटा रही पुलिसगिरफ्तार आरोपियों की पहचान गर्वित गोयल (20), अमन (21), रोहित कुमार (24) और हर्ष कुमार (22) के रूप में हुई है। पुलिस ने इनके पास से एक मामले से जुड़े मोबाइल और लैपटॉप के अलावा 23 अन्य मोबाइल भी बरामद किए हैं। पुलिस अब बरामद मोबाइल के बारे में जानकारी जुटा रही है कि इन्हें कहां-कहां से लूटा या छीना गया था। साथ ही आरोपियों के आपराधिक इतिहास की भी जांच की जा रही है।
छत्तीसगढ़ के सक्ती जिले में रेल पटरी पर बैठकर फ्री फायर गेम खेल रहा 14 साल का लड़का मालगाड़ी की चपेट में आ गया। हादसे में उसकी मौत हो गई। 15 सितंबर की रात 8 बजे सकरेलीभाठा फाटक के पास 4 दोस्त पटरी पर बैठकर मोबाइल पर गेम खेल रहे थे। थोड़ी देर बाद 2 दोस्त गणेश पंडाल में प्रसाद लेने चले गए। टिकेश साहू और नवीन खांडे वहीं बैठे रहे। दोनों ने कान में ईयरफोन लगा रखा था। इसी दौरान मालगाड़ी की चपेट में आने से टिकेश की मौत हो गई। नवीन गंभीर रूप से घायल हुआ है। उसका इलाज जारी है। मामला बाराद्वार थाना क्षेत्र का है। पहले देखिए तस्वीरें… अब जानिए पूरा मामला जानकारी के मुताबिक, टिकेश साहू (14) और नवीन खाण्डे (14) सकरेलीभाठा के रहने वाले हैं। दोनों 9वीं कक्षा के छात्र हैं। 15 सितंबर की रात करीब 8 बजे रेल पटरी पर बैठे थे। दोनों कान में ईयर फोन लगाकर मोबाइल में फ्री फायर गेम खेल रहे थे। इन दोनों के अलावा दो और दोस्त इसी जगह पर बैठकर मोबाइल पर गेम खेल रहे थे। 2 लड़के प्रसाद लेने पंडाल चले गए घटनास्थल से कुछ दूरी पर गणेश भगवान का पंडाल भी बना हुआ है। टिकेश और नवीन के साथ बैठे दोनों बच्चे पंडाल में प्रसाद लेने के लिए चले गए। जबकि टिकेश और नवीन वहीं पटरी के पास बैठे रहे। इसी दौरान बाराद्वार की ओर से मालगाड़ी आ गई। गेम खेलने में व्यस्त टिकेश और नवीन समय रहते पटरी से हट नहीं सके। मालगाड़ी की चपेट में आने से टिकेश की मौके पर ही मौत हो गई। वहीं, नवीन के सिर, कंधे और पैर में गंभीर चोटें आईं। हादसे के बाद आसपास के लोगों ने उसे तत्काल बाराद्वार अस्पताल पहुंचाया। प्राथमिक उपचार के बाद उसकी हालत गंभीर होने पर डॉक्टरों ने उसे चांपा रेफर कर दिया। पोस्टमार्टम के बाद परिजनों को सौंपा शव घटना की जानकारी मिलने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची और मामले की जांच शुरू की। 16 सितंबर की सुबह पुलिस ने टिकेश के शव का पोस्टमार्टम कराया। इसके बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया। टिकेश कक्षा 9वीं में पढ़ता था। उसकी मौत की खबर से परिवार के साथ स्कूल और पूरे गांव में शोक का माहौल है। बताया जा रहा है कि मोहल्ले के करीब आधा दर्जन नाबालिग बच्चों की रेल पटरी के पास बैठकर मोबाइल गेम खेलने की आदत थी। बाराद्वार थाना प्रभारी नरेंद्र यादव ने बताया कि, पुलिस ने पंचनामा कार्रवाई के बाद टिकेश के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा। पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया है। …………………… इससे जुड़ी ये खबर भी पढ़ें… रील देखते नेटवर्क गया तो महिला ने कीटनाशक पिया VIDEO: मोबाइल तोड़ा, पति ने उल्टी कराने गोबर पानी पिलाया; इलाज के दौरान मौत छत्तीसगढ़ के कोरबा जिले में मोबाइल पर रील और सीरियल देखने की लत ने एक महिला की जान ले ली। 52 साल की मंगलो बाई ने रील देखते समय नेटवर्क चले जाने से गुस्से में कीटनाशक पी लिया। इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। पढ़ें पूरी खबर…
केंद्रीय जेल दुर्ग में गुरुवार सुबह करीब 6 बजे जिला और पुलिस प्रशासन की संयुक्त टीम ने औचक निरीक्षण कर छापामार कार्रवाई की। कलेक्टर अभिजीत सिंह के नेतृत्व में करीब 100 पुलिस जवानों और अधिकारियों की टीम जेल पहुंची। अचानक हुई कार्रवाई से जेल परिसर में हलचल मच गई। टीम ने जेल की सभी बैरकों की सघन तलाशी ली। जांच के दौरान दो मोबाइल फोन, एक सिम कार्ड, बीड़ी, चिलम और अन्य आपत्तिजनक सामान मिला। बरामद सामान का पंचनामा बनाकर पदमनाभपुर थाने को सौंप दिया गया है। कलेक्टर बोले- मोबाइल की होगी पूरी जांचकलेक्टर अभिजीत सिंह ने बताया कि केंद्रीय जेल का सुबह निरीक्षण किया गया। बड़ी संख्या में पुलिस जवानों को भी जांच में शामिल किया गया था। सभी बैरकों की तलाशी ली गई, जिसमें दो मोबाइल फोन, एक सिम कार्ड, बीड़ी और चिलम जैसी सामग्री मिली है। सभी सामान का पंचनामा बनाकर पदमनाभपुर थाने को सौंप दिया गया है। कलेक्टर ने कहा कि बरामद मोबाइल फोन की आगे जांच की जाएगी। जांच में यह पता लगाया जाएगा कि इन मोबाइल से किन-किन नंबरों पर बात की जाती थी। इनमें कौन सा सिम कार्ड लगा था और सिम किसके नाम पर जारी हुआ था। इन सभी बिंदुओं की जांच के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी। सुबह-सुबह पहुंची 100 जवानों की टीमऔचक कार्रवाई के लिए जिला प्रशासन और पुलिस की संयुक्त टीम बनाई गई थी। करीब 100 जवान और अधिकारी तड़के केंद्रीय जेल पहुंचे। इसके बाद जेल परिसर को घेरे में लेकर जांच शुरू की गई। टीम ने एक साथ अलग-अलग हिस्सों में तलाशी अभियान चलाया। सभी बैरकों की जांच की गई। इसके अलावा उन जगहों को भी देखा गया, जहां प्रतिबंधित सामान छिपाए जाने की आशंका थी। जेल में कैसे पहुंचे मोबाइल, अब इसी की जांचजेल में मोबाइल फोन और सिम कार्ड मिलना काफी बड़ी चूक और सुरक्षा में लापरवाही बताई जा रही है। जेल में बंदियों के लिए मोबाइल फोन का इस्तेमाल प्रतिबंधित है। इसके बावजूद दो मोबाइल और एक सिम कार्ड मिलने के बाद अब यह पता लगाया जाएगा कि ये जेल के अंदर कैसे पहुंचे। खास तौर पर सिम कार्ड किसके नाम पर है और मोबाइल से किन लोगों से संपर्क किया गया था, इसकी जानकारी जांच के बाद सामने आएगी। कलेक्टर ने सुरक्षा व्यवस्था को लेकर दिए निर्देशऔचक निरीक्षण के बाद कलेक्टर ने जेल प्रशासन को सुरक्षा व्यवस्था और कड़ी रखने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि बाहर से कोई भी प्रतिबंधित सामग्री जेल के अंदर नहीं पहुंचनी चाहिए। इसके लिए जांच व्यवस्था को मजबूत रखने और सुरक्षा में किसी तरह की लापरवाही नहीं होने देने के निर्देश दिए गए हैं। बुनियादी सुविधाएं पर्याप्त, नए क्वार्टर भी तैयारनिरीक्षण के दौरान जेल की बुनियादी सुविधाओं की भी जानकारी ली गई। कलेक्टर अभिजीत सिंह के मुताबिक जेल में बुनियादी सुविधाएं पर्याप्त हैं। जेल कर्मचारियों के लिए नए क्वार्टर बनकर तैयार हो चुके हैं। इन क्वार्टरों का आवंटन जल्द शुरू किया जाएगा। पंचनामा थाने को सौंपा, अब तकनीकी जांचतलाशी में मिले सभी सामान की सूची तैयार कर पंचनामा बनाया गया है। इसे पदमनाभपुर थाने को सौंप दिया गया है। अब मोबाइल फोन और सिम कार्ड की जांच के जरिए संपर्क में रहे लोगों की जानकारी जुटाई जाएगी। जांच में जो तथ्य सामने आएंगे, उसके आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। औचक निरीक्षण के बाद अब जांच का फोकस दो मोबाइल और एक सिम कार्ड पर है। इनके इस्तेमाल, सिम के मालिक और मोबाइल से हुई बातचीत की जानकारी सामने आने के बाद ही यह स्पष्ट होगा कि जेल के अंदर इनका इस्तेमाल कौन कर रहा था और ये वहां तक कैसे पहुंचे।
नोएडा सेक्टर-58 पुलिस ने गुरुवार को मोबाइल फोन चोरी और स्नैचिंग करने वाले तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने दो बाल अपचारियों को भी संरक्षण में लिया है। इनके कब्जे से चोरी की मोटरसाइकिल, स्नैचिंग और चोरी के 22 मोबाइल फोन और दो अवैध चाकू बरामद हुए हैं। पुलिस के मुताबिक, गैंग करीब दो महीने से नोएडा में सक्रिय था। एडीसीपी मनीषा सिंह ने बताया- गैंग के सदस्य स्नैचिंग के दौरान नाबालिगों को आगे रखते थे, ताकि उन पर जल्दी किसी को शक न हो। आरोपी चोरी की बाइक से नोएडा और एनसीआर में मोबाइल फोन छीनते थे। इसके बाद चोरी किए गए मोबाइल को अलग-अलग करके उनके पार्ट्स दिल्ली में बेच दिए जाते थे। लक्ष्मी नगर की दुकान पर बेचता था मोबाइल पुलिस के मुताबिक, गैंग का आरोपी अतुल गौतम चोरी और स्नैचिंग के मोबाइल दिल्ली के लक्ष्मी नगर मार्केट में एक दुकान पर बेचता था। मोबाइल बेचने से मिले पैसे को आरोपी आपस में बांट लेते थे। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि दिल्ली में जिस दुकान पर मोबाइल बेचे जाते थे, वहां से जुड़े अन्य लोगों की भूमिका क्या है। पुलिस जांच में सामने आया है कि आरोपी चोरी की मोटरसाइकिल का इस्तेमाल वारदात के लिए करते थे। बाइक से मोबाइल फोन छीनने के बाद मौके से फरार हो जाते थे। पुलिस ने इनके कब्जे से यूपी16ईडब्लू 6051 नंबर की चोरी की मोटरसाइकिल बरामद की है। जुबिलेंट पार्क के पास से पकड़े गए पुलिस ने मैनुअल इंटेलिजेंस और इलेक्ट्रॉनिक सर्विलांस की मदद से जुबिलेंट पार्क के पास आरोपियों को पकड़ा। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान अतुल गौतम (22), नितीश चौहान (18) और रिशू पांडेय (करीब 19) के रूप में हुई है। इनके साथ दो बाल अपचारियों को पुलिस संरक्षण में लिया गया है। पुलिस ने आरोपियों के पास से स्नैचिंग और चोरी के 22 मोबाइल फोन, एक चोरी की मोटरसाइकिल और दो अवैध चाकू बरामद किए हैं। दोनों चाकू अतुल गौतम और रिशू पांडेय के कब्जे से मिले हैं। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ सेक्टर-58 थाने में बीएनएस की धाराओं में दो मुकदमे दर्ज किए हैं। इनमें आर्म्स एक्ट की धारा भी शामिल है।
आगरा: जाम में फंसा बाइक सवार, जेब से मोबाइल निकालकर भागा चोर; चाहकर भी कुछ न कर पाया
जाम में बाइक सवार का मोबाइल ले भागा युवक।
कविता और साहित्य की हर हलचल आपके मोबाइल पर, जुड़ें अमर उजाला काव्य के व्हाट्सएप चैनल से
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जालंधर | शहर में राह चलते एक व्यक्ति से कथित तौर पर मोबाइल फोन छीनने के मामले में पकड़े गए एक युवक और उसकी मां का भावुक वीडियो सामने आया है। मौके पर पहुंची मां अपने बेटे को समझाते हुए रो पड़ी और कहा कि उसके पति यानी युवक के पिता की महज तीन-चार दिन पहले ही मृत्यु हुई है। मां ने बेटे से कहा कि यदि उसे नशे के लिए पैसों की जरूरत थी, तो वह उससे मांग सकता था। इस दौरान माहौल बेहद गमगीन हो गया। वहीं, वीडियो में महिला द्वारा पुलिसकर्मी को पैसे दिए जाने का दावा भी सामने आ रहा है, जिससे पुलिस की भूमिका पर सवाल उठने लगे हैं। हालांकि, इन पैसों का उद्देश्य क्या था और मामला दर्ज हुआ या नहीं, इसकी आधिकारिक पुष्टि होना बाकी है। पुलिस अधिकारियों का पक्ष आने के बाद ही पूरी स्थिति साफ होगी। वायरल वीडियो में महिला अपने बेटे को पीटते हुए भी नजर आ रही है।
Lucknow News: दरोगा व ट्रक चालक से मोबाइल लूटने के आरोप में चार पकड़े गए
दरोगा व ट्रक चालक से मोबाइल लूटने के आरोप में चार पकड़े गए
Varanasi News: हाईवे पर ट्रक चालकों को बनाते थे निशाना, 14 मोबाइल संग दो गिरफ्तार
हाईवे पर ट्रक चालकों को बनाते थे निशाना, 14 मोबाइल संग दो गिरफ्तार
Rampur News: नौचंदी एक्सप्रेस में मोबाइल फोन छीनकर कूदे आरोपी को 24 घंटे में दबोचा
नौचंदी एक्सप्रेस में यात्री का मोबाइल फोन छीनकर ट्रेन से कूदकर फरार हुए आरोपी को जीआरपी और आरपीएफ की टीम ने 24 घंटे के भीतर गिरफ्तार कर लिया।
Shahjahanpur News: ट्रेनों व स्टेशन पर मोबाइल चोरी करने वाले तीन आरोपी गिरफ्तार
शाहजहांपुर। रेलवे स्टेशन पर चोरी की वारदात को अंजाम देने वाले तीन आरोपियों को रेलवे पुलिस ने गिरफ्तार किया है। उनके पास से पांच मोबाइल बरामद किए गए हैं।
Chitrakoot News: मृतक की पहचान बनी पहेली, 234 मोबाइल नंबर सर्विलांस पर
अशोह गांव के पास भाजपा आपदा प्रबंधन प्रकोष्ठ के क्षेत्रीय संयोजक के खाली प्लॉट में हुए जोरदार धमाके ने पुलिस की नींद उड़ा दी है।
नकली सिक्कों के 70 करोड़ के खेल में कौन-कौन शामिल, 7 रजिस्टर- 8 मोबाइल खंगाल रही पुलिस
सहारनपुर में नकली सिक्कों की फैक्ट्री के खुलासे के बाद पुलिस दिन-रात इसकी कड़ियां जोड़ने में जुटी है। यह पता लगाया जा रहा है कि आखिर नकली सिक्कों के इस खेल में कौन-कौन शामिल था और इसकी कमाई किस-किस तक पहुंची। पुलिस फैक्ट्री से मिले 7 रजिस्टर और 8 मोबाइल खंगाल रही है।
फर्रुखाबाद में कानपुर-फर्रुखाबाद मार्ग पर याकूतगंज चौकी के पास बुधवार शाम चार पहिया वाहन की टक्कर से बाइक सवार शिक्षा विभाग के आउटसोर्स कर्मचारी राहुल चौहान (38) की मौत हो गई। पुलिस उन्हें गंभीर हालत में लोहिया अस्पताल की इमरजेंसी लेकर पहुंची, जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। हादसे के समय उनकी पहचान नहीं हो सकी थी। बाद में जेब से मिले मोबाइल और कागजात की मदद से परिजनों को सूचना दी गई। सिर में गंभीर चोट, हाथ-पैर में फ्रैक्चर राहुल चौहान कादरी गेट थाना क्षेत्र के मसेनी के रहने वाले थे। वह मैनपुरी के बेवर में शिक्षा विभाग में आउटसोर्स कर्मचारी के तौर पर काम करते थे। बुधवार शाम याकूतगंज चौकी से कुछ दूरी पर एक चार पहिया वाहन ने उनकी बाइक को टक्कर मार दी। बताया गया कि उनके सिर में गंभीर चोट लगी थी और हाथ-पैर में भी फ्रैक्चर हुआ था। चर्चा है कि बाइक को पिकअप वाहन ने टक्कर मारी थी, हालांकि इसकी पुष्टि नहीं हुई है। मोबाइल से परिजनों को दी सूचना याकूतगंज चौकी पुलिस राहुल को लोहिया अस्पताल लेकर पहुंची। डॉक्टर दीपक तिवारी ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। पहचान न होने पर पुलिस ने तलाशी ली तो जेब से मोबाइल और कुछ कागजात मिले। मोबाइल से संपर्क करने पर उनकी बहन से बात हुई और परिवार को हादसे की जानकारी दी गई। शव को अस्पताल की मोर्चरी में रखवाया गया। कुछ समय पहले हुआ था बेटा परिजनों के मुताबिक, राहुल दो बहनों के इकलौते भाई थे। उनके माता-पिता का पहले ही निधन हो चुका था। कुछ समय पहले ही उनके यहां बेटा हुआ था। उनकी पत्नी बेटे के साथ इन दिनों मायके गई हुई थीं। राहुल की ससुराल कमालगंज में है। उनकी मौत से परिवार सदमे में है।
मेरठ के लालकुर्ती थाना क्षेत्र में दो सफाई कर्मियों ने बाथरूम में नहाने के दौरान एक महिला का वीडियो बना लिया। महिला ने उन्हें रोशनदान से वीडियो बनाते हुए देख लिया और शोर मचाया। पड़ोसियों ने दोनों आरोपियों को पकड़कर उनकी पिटाई की, जिसके बाद पुलिस ने उन्हें गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने आरोपियों से पूछताछ शुरू कर दी है। यह घटना बुधवार शाम को आदर्शनगर कॉलोनी में हुई। कॉलोनी में मकान की पहली मंजिल पर दो महिलाएं अपने परिवार के साथ रहती हैं, जो रिश्ते में जेठानी और देवरानी हैं। मकान के पिछले हिस्से में रोशनदान वाला बाथरूम है। बुढ़ाना गेट निवासी राहुल और सोनू नाम के दो सफाई कर्मचारी बाथरूम के पीछे वाली गली में पहुंचे। उन्होंने रोशनदान के पास मोबाइल लगाकर महिला का नहाते समय वीडियो बनाना शुरू कर दिया। नहा रही महिला की नजर मोबाइल पर पड़ी। उसने तुरंत शोर मचाया, जिससे पड़ोस में रहने वाले एक युवक ने दोनों आरोपियों को पकड़ लिया। शोर सुनकर आसपास के लोग भी वहां जमा हो गए। लोगों ने दोनों आरोपियों की जमकर पिटाई की। घटना की जानकारी पुलिस को दी गई। मौके पर पहुंची पुलिस ने दोनों को गिरफ्तार कर लिया और उनका मोबाइल भी जब्त कर लिया। पुलिस ने उनसे पूछताछ शुरू कर दी है। पकड़े जाने पर आरोपियों ने महिलाओं के पैर पड़कर माफी मांगी। हालांकि, महिलाओं ने उन्हें माफ नहीं किया और उनके खिलाफ शिकायत देकर कार्रवाई की मांग की। एसपी सिटी विनायक गोपाल भोसले ने बताया कि पुलिस को मामले की जानकारी मिली है। पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर लिया है और आरोपियों से पूछताछ की जा रही है। मोबाइल की जांच के बाद दोनों आरोपियों पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
जालंधर निवासी को कार सवार तीन लुटेरों ने लूटा:सिर पर कड़ा मारकर घायल किया, 750 रुपये और मोबाइल छीना
पंजाब में बेखौफ लुटेरों का आतंक थमने का नाम नहीं ले रहा है। नकोदर के बिलगा पुलिस स्टेशन क्षेत्र अंतर्गत उमर कलां गांव के पास दिनदहाड़े लूट की एक सनसनीखेज वारदात सामने आई है। सफेद रंग की कार में आए तीन नकाबपोश लुटेरों ने लकड़ी का काम करने वाले एक युवक को घेरकर उससे नकदी छीन ली और विरोध करने पर जानलेवा हमला कर दिया। पीड़ित दीपक कुमार (निवासी मोहल्ला भरैया, नूरमहल) ने बताया कि वह दोपहर करीब 3 बजे अपने ठेकेदार की मोटरसाइकिल से काम निपटाकर नूरमहल लौट रहे थे। जैसे ही वह उमर कलां गांव से निकले, तभी एक कार में सवार तीन बदमाशों ने उनका रास्ता रोक लिया। लुटेरों ने उन्हें जबरन घेरकर 750 रुपये नकद छीन लिए। जब लुटेरों ने देखा कि मोबाइल फोन सस्ता है, तो उन्होंने उसे पास के खेतों में फेंक दिया। इस दौरान एक लुटेरे ने अपने हाथ में पहने लोहे के भारी कड़े से दीपक के सिर पर ताबड़तोड़ वार कर दिया, जिससे वह लहूलुहान होकर वहीं गिर पड़े। पुलिस के पास जाने से डर रहा था पीड़ित लहूलुहान हालत में किसी तरह नूरमहल पहुंचे पीड़ित ने अपने परिजनों को आपबीती सुनाई। बेहद गरीब परिवार से संबंध रखने के कारण पीड़ित पुलिसिया कार्रवाई और डर के चलते शिकायत दर्ज कराने से कतरा रहा था। थाना प्रभारी ने दिया सुरक्षा व न्याय का भरोसा जब इस घटना के संबंध में बिलगा थाना प्रभारी (SHO) दिलबाग सिंह से बात की गई, तो उन्होंने स्पष्ट किया कि पुलिस जनता की सुरक्षा के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने पीड़ित परिवार को भरोसा दिलाया कि उन्हें किसी से डरने की जरूरत नहीं है; पुलिस पूरी मदद करेगी और आरोपियों को जल्द ढूंढकर कड़ी से कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
संतकबीरनगर पुलिस ने गुम और चोरी हुए 131 एंड्रॉयड मोबाइल फोन बरामद किए हैं। पुलिस के मुताबिक, इनकी अनुमानित कीमत करीब 30 लाख रुपए है। सर्विलांस टीम ने तकनीकी मदद से अलग-अलग थाना क्षेत्रों के अलावा लखनऊ, बेंगलुरु, बिहार समेत देश के कई शहरों और राज्यों से मोबाइल ट्रेस कर बरामद किए। बुधवार को पुलिस लाइन में आयोजित कार्यक्रम में एसपी संदीप कुमार मीना ने मोबाइल उनके वास्तविक मालिकों को सौंपे। लंबे समय बाद अपना मोबाइल वापस मिलने पर लोगों के चेहरे पर खुशी दिखाई दी। खलीलाबाद की छात्रा सौम्या गुप्ता ने बताया कि उनका फोन ऑटो में गिर गया था। उन्होंने तुरंत पुलिस से शिकायत की थी। सौम्या ने कहा कि उनकी पढ़ाई मोबाइल से होती है और फोन जल्दी वापस मिलने से उन्हें काफी खुशी हुई। IMEI और सिम की जानकारी से तलाश शुरू की एसपी संदीप कुमार मीना के निर्देश पर गुम मोबाइलों की बरामदगी के लिए सर्विलांस टीम और थानों में CEIR पोर्टल से जुड़े कर्मचारियों को लगाया गया था। प्रभारी सर्विलांस सेल रजनीश राय के नेतृत्व में टीम ने CEIR पोर्टल और CCTNS से मिली जानकारी के आधार पर मोबाइलों की तलाश शुरू की। लखनऊ से बेंगलुरु और बिहार तक ट्रेस किए मोबाइल पुलिस टीम ने मोबाइल के IMEI नंबर, सिम की जानकारी और तकनीकी विश्लेषण के जरिए उनके इस्तेमाल और लोकेशन से जुड़े विवरण जुटाए। कई मोबाइल जिले से बाहर इस्तेमाल होते मिले। इसके बाद संबंधित राज्यों और शहरों की पुलिस से संपर्क कर लखनऊ, बेंगलुरु, बिहार समेत अलग-अलग जगहों से मोबाइल बरामद किए गए। पुलिस लाइन में मालिकों को खुद एसपी ने सौंपे फोन बरामद मोबाइल उनके वास्तविक स्वामियों को लौटाने के लिए पुलिस लाइन में कार्यक्रम आयोजित किया गया। एसपी संदीप कुमार मीना ने लोगों को उनके फोन अपने हाथों से सौंपे। लंबे समय बाद मोबाइल वापस मिलने पर लोगों ने पुलिस टीम का आभार जताया। छात्रा सौम्या ने बताया कि फोन उनकी पढ़ाई के लिए जरूरी था, इसलिए उसे वापस पाकर उन्हें काफी राहत मिली। पुलिस टीम को 25 हजार रुपए का इनाम एसपी ने मोबाइल बरामदगी में अहम भूमिका निभाने वाली सर्विलांस टीम का उत्साह बढ़ाते हुए 25 हजार रुपए के पुरस्कार की घोषणा की। पुलिस ने लोगों से अपील की है कि मोबाइल गुम या चोरी होने पर थाने में शिकायत दर्ज कराने के साथ CEIR पोर्टल पर भी इसकी जानकारी दें। इससे मोबाइल के IMEI को ब्लॉक कराने और उसे ट्रेस करने में मदद मिल सकती है।
मुजफ्फरपुर के सिकंदरपुर थाना क्षेत्र में नशे के अवैध कारोबार के खिलाफ पुलिस की कार्रवाई लगातार जारी है। बुधवार को झील नगर-अखाड़ाघाट इलाके में पुलिस ने छापेमारी कर एक युवक को अलग-अलग मादक पदार्थों के साथ गिरफ्तार किया। गिरफ्तार युवक की पहचान सिकंदरपुर थाना क्षेत्र निवासी साहिल कुमार के रूप में हुई है। पुलिस ने उसके पास से 150 ग्राम गांजा, आधा ग्राम स्मैक और करीब एक चौथाई ग्राम कोटा बरामद किया है। इसके अलावा दो मोबाइल फोन और 17,800 रुपए नकद भी जब्त किए गए हैं। पुलिस के अनुसार, 15 सितंबर को अवैध मादक पदार्थ की सूचना मिली थी। इसके बाद सिकंदरपुर थाना पुलिस ने झील नगर-अखाड़ाघाट इलाके में छापेमारी की। तलाशी के दौरान साहिल कुमार के पास से तीन तरह के मादक पदार्थ मिले। पुलिस ने मादक पदार्थों को जब्त कर युवक को गिरफ्तार कर लिया। मामले में सिकंदरपुर थाना में कांड संख्या 219/26 दर्ज किया गया है। कहां से लाता था नशीला सामान, किसे करता था सप्लाई? गिरफ्तारी के बाद पुलिस अब साहिल से पूछताछ कर रही है। जांच का मुख्य बिंदु यह है कि वह नशीले पदार्थ कहां से लाता था और किन लोगों से उसके संपर्क थे। पुलिस यह भी पता लगा रही है कि बरामद मादक पदार्थों की सप्लाई स्थानीय स्तर पर किस नेटवर्क के जरिए होती थी। पुलिस उसके आपराधिक इतिहास की भी जांच कर रही है। इसके साथ ही बरामद नकद रुपए और मादक पदार्थों के बीच संबंध को लेकर भी पूछताछ की जा रही है। दो मोबाइल जब्त, ऑर्डर लेने और डिलीवरी की भी जांच पुलिस ने साहिल के पास से दो मोबाइल फोन भी बरामद किए हैं। अब इन मोबाइल की जांच के जरिए उसके संपर्कों और नशे के कारोबार से जुड़े संभावित लिंक खंगाले जा रहे हैं। पुलिस इस बात की भी पड़ताल कर रही है कि कहीं मोबाइल के जरिए ग्राहकों से संपर्क कर गांजा, स्मैक या अन्य नशीले पदार्थों का ऑर्डर तो नहीं लिया जाता था। साथ ही यह भी जांच की जा रही है कि डिलीवरी के लिए जगह तय करने या सप्लायर से संपर्क करने में मोबाइल का इस्तेमाल होता था या नहीं। हालांकि, अभी पुलिस ने मोबाइल के जरिए नशीले पदार्थों का ऑर्डर लेने या डिलीवरी किए जाने की पुष्टि नहीं की है। फिलहाल मोबाइल से मिली जानकारी और पूछताछ के आधार पर जांच आगे बढ़ाई जा रही है। 10 दिन में तीसरी गिरफ्तारी, पहले पिता-बेटे और महिला पकड़ी गई सिकंदरपुर थाना क्षेत्र में पिछले 10 दिनों के दौरान अवैध मादक पदार्थ के मामले में यह तीसरी गिरफ्तारी है। पुलिस के अनुसार, इससे पहले एक कार्रवाई में बाप-बेटे को नशे के कारोबार के आरोप में गिरफ्तार किया गया था। इसके बाद एक महिला को भी गिरफ्तार किया गया। अब साहिल कुमार की गिरफ्तारी हुई है। लगातार हो रही कार्रवाई के बाद पुलिस नशीले पदार्थों की बिक्री और सप्लाई से जुड़े नेटवर्क की जानकारी जुटाने में लगी है। स्थानीय स्तर पर नशीले पदार्थ बेचने वालों और सप्लाई करने वालों की पहचान के लिए भी पुलिस सूचना तंत्र को सक्रिय कर रही है। पुलिस का फोकस सप्लाई नेटवर्क तक पहुंचने पर साहिल के पास से अलग-अलग प्रकार के मादक पदार्थ बरामद होने के बाद पुलिस अब केवल उसके खिलाफ कार्रवाई तक सीमित नहीं रहना चाहती। पूछताछ के जरिए यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि इन पदार्थों की सप्लाई कहां से हो रही है। पुलिस उसके मोबाइल में सेव नंबर, कॉल डिटेल और अन्य उपलब्ध जानकारी की जांच कर सकती है, ताकि नशे के कारोबार से जुड़े अन्य संभावित लोगों तक पहुंचा जा सके। हालांकि, जांच पूरी होने के बाद ही इस संबंध में स्थिति स्पष्ट होगी। एसपी सिटी बोले- रोज किसी न किसी की गिरफ्तारी नगर पुलिस अधीक्षक मोहिबुल्लाह अंसारी ने बताया कि वरीय पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर जिले में अपराध नियंत्रण, कानून-व्यवस्था और अवैध मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ विशेष अभियान चलाया जा रहा है। इसी अभियान के तहत सिकंदरपुर पुलिस ने कार्रवाई करते हुए साहिल कुमार को गिरफ्तार किया है। उन्होंने कहा कि नशे के कारोबार में शामिल लोगों के खिलाफ लगातार कार्रवाई की जा रही है। लगभग हर दिन किसी न किसी व्यक्ति की गिरफ्तारी हो रही है। शहर में जो लोग नशीले पदार्थों का कारोबार करने की कोशिश कर रहे हैं, उनके खिलाफ पुलिस न्यायिक कार्रवाई सुनिश्चित करेगी। फिलहाल पुलिस गिरफ्तार युवक से पूछताछ कर रही है। उसके पास से जब्त दोनों मोबाइल फोन की जांच और अन्य जानकारी के आधार पर पुलिस नशे के कारोबार से जुड़े संभावित नेटवर्क तक पहुंचने की कोशिश में जुटी है।
छत्तीसगढ़ के रायगढ़ में एक नाबालिक बालक का शव रामभांटा स्थित खाली प्लाट में मिला था। जहां मामले की सूचना कर पुली जांच करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। घटना लव ट्रायंगल से जुड़ा हुआ है। जहां चक्रधर समारोह में लड़की के साथ मृतक को देखने पर आरोपियों ने उससे उसका मोबाइल छीना और बाद में सुने क्षेत्र में बुलाकर उसकी हत्या कर दी। मामला कोतवाली थाना क्षेत्र का है। मिली जानकारी के मुताबिक मंगलवार की सुबह कोतवाली पुलिस को कोसाबाड़ी के सामने पुराने बस डिपो, रामभांठा स्थित संजय बेरीवाल के खाली प्लॉट में एक युवक का शव पड़े होने की सूचना मिली। सूचना पर पुलिस अधिकारी, पुलिस टीम व फोरेंसिक टीम तत्काल मौके पर पहुंची। पुलिस ने घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण कर महत्वपूर्ण साक्ष्य जुटाए। मौके पर पहुंचे मृतक के पिता जो लैलूंगा के ग्राम घटगांव के निवासी है पिछले 4 साल से रामभांठा में रहते हैं उन्होंने शव की पहचान अपने 16 वर्षीय पुत्र धनुर्जय चौहान के रूप में की। परिजनों ने पुलिस को बताया कि 14 सितंबर की रात करीब 9 बजे उनका लड़का चक्रधर समारोह देखने जाने की बात कहकर घर से निकला था, लेकिन वापस नहीं लौटा। मृतक के साथ 2 युवकों को अंतिम बार देखा गया सुबह पुराने बस डिपो के पास शव मिलने की सूचना पर परिजन मौके पर पहुंचे। शव के सिर पर चोट के निशान पाए गए। जिसके बाद पुलिस ने मर्ग कायम कर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा और अज्ञात आरोपी के खिलाफ अपराध दर्ज कर मामले की जांच शुरू की। जहां पुलिस को बालक के साथ 2 युवकों को अंतिम बार देखने की जानकारी मिली। हिरासत में लेकर पूछताछ की गई ऐसे में पुलिस ने बैकुंठपुर निवासी 20 वर्षीय शिवम बरेठ व शिवम बानी 23 साल को हिरासत में लिया और अलग अलग पूछताछ की तो पहले उन्होंने टालमटोल जवाब दिया। उनसे कड़ाई से पूछताछ करने पर दोनों आरोपियों ने हत्या करना स्वीकार किया और घटना का पूरा विवरण बताया। चक्रधर सामरोह कार्यक्रम स्थल में लड़की के साथ देखे आरोपियों ने बताया कि 14 सितंबर को वे रामलीला मैदान में चक्रधर समारोह देखने गए थे। वहां धनुर्जय उनके परिचित लड़की के साथ था। उस लड़की से आरोपी शिवम बानी का एक तरफा लगाव था, उसी लड़की के साथ जब उसने बालक को देखा तो उसे रामलीला मैदान के पास बुलाया। बदमाश प्रवृति के शिवम बरेठ ने किशोर बालक का पहले मोबाइल अपने पास रखकर 1 हजार रुपये देने पर मोबाइल वापस करने की बात कही। इसके बाद दोनों ने धनुर्जय को उसके मोबाइल के साथ लेकर पुराने बस डिपो की ओर चले गए। लड़की से नहीं मिलने की बात कहकर धमकाया पुराने बस डिपो के पास दोनों आरोपियों ने बालक को लड़की से नहीं मिलने-जुलने की बात कहकर डराया धमकाया। फिर उसके साथ विवाद कर दोनों ने पत्थर से उसके सिर पर कई वार कर उसकी हत्या कर दी और मौके से फरार हो गए थे। जिन्हें पुलिस ने गिरफ्तार किया। पुलिस की गिरफ्त में आने के बाद आरोपी शिवम बरेठ से मृतक का मोबाइल और आरोपियों के घटना के समय पहने गए खून से सने कपड़े जप्त किए हैं। आरोपियों को गिरफ्तार किया गया आरोपी शिवम बरेठ आदतन बदमाश प्रवृति का है, जिसके खिलाफ मारपीट के और भी अपराध पूर्व में थाना कोतवाली में दर्ज हैं। दोनों आरोपियों को घटनास्थल पर ले जाकर घटनाक्रम का रिक्रिएशन कराया गया और अन्य महत्वपूर्ण साक्ष्य जप्त किए गए। दोनों आरोपियों को हत्या के अपराध में गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश कर रिमांड पर जेल भेजा जा रहा है। पुलिस की कार्रवाई जारी रहेगी SSP शशि मोहन सिंह ने बताया कि कानून अपने हाथ में लेने और हिंसा का सहारा लेने वालों के खिलाफ पुलिस की कार्रवाई जारी रहेगी। हत्या जैसे गंभीर अपराध में तत्काल विवेचना, साक्ष्य संकलन और आरोपियों की गिरफ्तारी हमारी प्राथमिकता है। दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर आगे की कार्रवाई की जा रही है।
बैतूल के आमला के भीमनगर-बोड़खी इलाके में पुलिस ने धर्मांतरण की गतिविधियों के आरोप में पांच लोगों को गिरफ्तार किया है। पुलिस के मुताबिक, गणपत सोनवाने के घर पर बैठक और प्रार्थना सभा के दौरान धर्मांतरण से जुड़ी गतिविधियां चलने की सूचना मिली थी। टीम ने मौके पर पहुंचकर पांच लोगों को पकड़ा। तलाशी में धार्मिक साहित्य, पुस्तिकाएं, पैंफलेट, सहमति पत्र और अलग-अलग संस्थाओं को लिखे पत्र समेत कई दस्तावेज मिले। आरोपियों के मोबाइल फोन भी जब्त किए गए हैं। पुलिस के अनुसार, सूचना की जांच के बाद अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक कमलेश खरपुसे और एसडीओपी मुलताई एसके सिंह के मार्गदर्शन में आमला पुलिस की टीम भीमनगर-बोड़खी पहुंची। यहां गणपत सोनवाने के घर पर पांच लोग मिले। पुलिस ने घर की तलाशी ली और मौके से दस्तावेज व अन्य सामग्री जब्त की। पुलिस का कहना है कि पूछताछ के दौरान आरोपियों ने धर्मांतरण से जुड़ी गतिविधियों में शामिल होने की बात स्वीकार की है। मामले में दस्तावेजों और मोबाइल फोन की भी जांच की जा रही है। ये पांच आरोपी गिरफ्तार पुलिस ने गणपत सोनवाने (43), निवासी भीमनगर-बोड़खी; इनोस उर्फ एनोस जोनाथन (34), निवासी बरघाट, सिवनी; रमेश अतुलकर (40), निवासी हमलापुर, बैतूल; भावराव चंदेलकर (34), निवासी जुनापानी, साईखेड़ा और सुनील नागले (50), निवासी सोमगढ़, मुलताई को गिरफ्तार किया है। इस महीने भैंसदेही में भी हुई थी कार्रवाई धर्मांतरण से जुड़ी गतिविधियों के आरोप में इसी महीने भैंसदेही थाना क्षेत्र में भी पुलिस कार्रवाई कर चुकी है। उस मामले में तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया गया था। इनमें एक आरोपी के फरार होने पर पुलिस अधीक्षक ने उसकी गिरफ्तारी पर इनाम घोषित किया था। बाद में पुलिस ने फरार आरोपी को भी गिरफ्तार कर लिया था। आमला की कार्रवाई के बाद जिले में इसी महीने धर्मांतरण संबंधी गतिविधियों के आरोप में पुलिस की यह दूसरी कार्रवाई है। दोनों मामलों में लगाए गए आरोपों की जांच और न्यायिक प्रक्रिया जारी है। कोर्ट में पेश किए आरोपी, जांच जारी पुलिस ने आमला मामले में सभी पांच आरोपियों को गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश किया है। पुलिस के मुताबिक, जब्त दस्तावेजों, मोबाइल फोन और अन्य साक्ष्यों की जांच की जा रही है। जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
16 सितंबर, बुधवार: शिवपुरी के पिछोर क्षेत्र के गूगरी गांव में शराबबंदी की मांग को लेकर कुछ महिलाएं मोबाइल टॉवर पर चढ़ गईं। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर महिलाओं से बातचीत की और कार्रवाई का आश्वासन दिया, जिसके बाद वे नीचे उतर आईं।
यूपीआई का फ्री युग खत्म, विपक्ष हमलावर पर पेमेंट ऐप्स खुश
व्यापारियों को किए जाने वाले 2000 रुपए से अधिक के यूपीआई लेन-देन पर फीस लगाई जाएगी. कांग्रेस ने इसे लूट करार दिया है.
पानीपत शहर की एक कॉलोनी से कॉलेज गई 21 वर्षीय BCA फाइनल ईयर की छात्रा के संदिग्ध परिस्थितियों में लापता होने का मामला सामने आया है। पीड़िता के पिता की शिकायत पर कृष्णपुरा पुलिस चौकी ने गुमशुदगी व अपहरण की धाराओं के तहत जांच शुरू कर दी है। लापता छात्रा के पिता द्वारा पुलिस को दी गई शिकायत के अनुसार, उनकी बेटी 14 सितंबर को अपने कॉलेज में बीसीए फाइनल ईयर की मार्कशीट लेने गई थी। शाम 4 बजे तक जब छात्रा घर वापस नहीं पहुंची, तो परिजनों को चिंता हुई। परिजनों ने जब बेटी के मोबाइल नंबर पर संपर्क करने का प्रयास किया, तो उसका फोन लगातार बंद मिला। पड़ोसी युवक और उसके परिवार पर जताया शक परिजनों ने अपने स्तर पर खोजबीन की, तो पड़ोस में रहने वाले एक युवक और उसके परिवार की भूमिका पर गहरा संदेह व्यक्त किया गया है। शिकायत में बताया गया है कि पड़ोस का एक युवक भी उसी कॉलेज में पढ़ता है, जिसने पहले भी छात्रा के साथ एक-दो बार अभद्र व्यवहार किया था। छानबीन के दौरान सामने आया कि घटना से एक दिन पहले (13 सितंबर की रात) उक्त आरोपी युवक के पिता के मोबाइल नंबर से भी मैसेज भेजे गए थे। परिजनों ने पुलिस से लगाई गुहार पीड़ित पिता ने आरोपी युवक, उसके परिवार के सदस्यों और उसके एक साथी के खिलाफ बेटी को जबरन गायब करने की आशंका जताते हुए सख्त कानूनी कार्रवाई करने और बेटी को सकुशल बरामद करने की गुहार लगाई है। पुलिस मामला दर्ज कर मोबाइल लोकेशन और अन्य साक्ष्यों के आधार पर छात्रा की तलाश में जुट गई है।
हिमाचल प्रदेश: बिजली लाइन पर काम करने वाले कर्मी होंगे सुरक्षित, मोबाइल एप से लॉक होगी बिजली बहाली
हिमाचल बिजली बोर्ड ने कर्मचारियों की सुरक्षा के लिए कनेक्ट एप शुरू किया है। अब शटडाउन, परमिट टू वर्क और बिजली बहाली की प्रक्रिया मोबाइल एप से होगी।
उज्जैन रेलवे स्टेशन पर टिकट बुकिंग विंडो की लाइन में लगे यात्री की जेब से मोबाइल चोरी करने वाले आरोपी को जीआरपी ने 24 घंटे के भीतर गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने उसके पास से करीब 10 हजार रुपए कीमत का चोरी हुआ रेडमी मोबाइल बरामद किया है। पुलिस के अनुसार, आरोपी पर पहले भी चोरी, मारपीट और आर्म्स एक्ट के कई मामले दर्ज हैं। CCTV फुटेज और मुखबिर की सूचना से पकड़ा रायबरेली निवासी शिवम 14 सितंबर को यात्रा के लिए उज्जैन रेलवे स्टेशन पहुंचा था। बुकिंग विंडो पर टिकट लेते समय भीड़ का फायदा उठाकर अज्ञात बदमाश ने उसकी पैंट की जेब से मोबाइल चोरी कर लिया। फरियादी की शिकायत पर जीआरपी ने BNS की धारा 303(2) के तहत केस दर्ज कर जांच शुरू की। पुलिस ने स्टेशन के CCTV फुटेज खंगाले और मुखबिर से मिली जानकारी के आधार पर आरोपी की तलाश शुरू की। इसके बाद संदेही सोनू शर्मा को रेलवे स्टेशन के नागदा आउटर साइड से घेराबंदी कर पकड़ा गया। पूछताछ में उसने बुकिंग विंडो पर यात्री की जेब से मोबाइल चोरी करने की बात कबूल की। मोबाइल बरामद, बुधवार सुबह जेल भेजा पुलिस ने आरोपी के कब्जे से चोरी किया गया मोबाइल बरामद कर लिया। आरोपी की पहचान सोनू शर्मा उर्फ मुखरी उर्फ सोनू पंडित, निवासी अकोदिया मंडी, जिला शाजापुर के रूप में हुई है। पुलिस ने उसे मंगलवार रात गिरफ्तार किया। इसके बाद बुधवार सुबह न्यायालय के आदेश पर उसे जेल भेज दिया गया।
यमुनानगर में माता-पिता के साथ महिला लापता:2 दिन पहले पति मायके छोड़कर आया था; तीनों के मोबाइल भी बंद
यमुनानगर में एक व्यक्ति की पत्नी, अपने माता-पिता के एक साथ लापता होने का मामला सामने आया है। पति अपनी पत्नी को 2 सितंबर को उसके मायके फव्वारा चौक स्थित घर पर छोड़कर वापस आ गया था। दो दिन बाद जब वह पत्नी को लेने पहुंचा, तो मकान पर ताला लगा मिला। घर में उसकी सास, पत्नी और ससुर में से कोई नहीं मिला। तीनों के मोबाइल फोन भी बंद थे। रिश्तेदारों और आसपास के लोगों से पूछताछ के बाद भी जब उनका कोई सुराग नहीं मिला, तो पति ने पुलिस से तीनों का पता लगाने की गुहार लगाई। शिकायत के आधार पर सिटी थाना यमुनानगर पुलिस ने केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। तीनों के मोबाइल आ रहे बंद गोपाल नगर जगाधरी निवासी विकास कुमार ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि उसकी पत्नी नीलम है। वह 2 सितंबर को दोपहर के समय पत्नी को उसके मायके फव्वारा चौक, लक्ष्मी सिनेमा वाली गली स्थित घर पर छोड़कर वापस अपने घर आ गया था। 4 सितंबर को वह पत्नी को लेने के लिए मायके पहुंचा। विकास के अनुसार, वहां पहुंचने पर घर पर ताला लगा हुआ था। उसकी सास मधु, पत्नी नीलम और ससुर भोला राम में से कोई भी घर पर नहीं था। उसने तीनों के मोबाइल फोन पर संपर्क करने का प्रयास किया, लेकिन सभी के फोन बंद मिले। तीनों की तलाश में जुटी पुलिस इसके बाद विकास ने आसपास के मोहल्ले के लोगों और रिश्तेदारों से तीनों के बारे में जानकारी जुटाई, लेकिन किसी को उनके बारे में कोई जानकारी नहीं थी। काफी प्रयास के बाद भी तीनों का पता नहीं चला तो उसने पुलिस को शिकायत देकर उनकी तलाश कराने की मांग की। थाना प्रभारी मनोज ने बताया कि पुलिस ने शिकायत के आधार पर केस दर्ज कर तीनों की तलाश शुरू कर दी है।
यूपी: दक्षिणांचल के एपीआरओ का मोबाइल हुआ हैक, फिर दिखाई ऐसी चालाकी; हैकर्स के भी छूट गए पसीने
एपीके फाइल खोलते ही दक्षिणांचल के एपीआरओ का मोबाइल हैक।
नारनौल से 19 वर्षीय युवती हुई घर से लापता:युवक पर छिपाकर रखने का शक, 2 मोबाइल फोन अपने साथ लेकर गई
हरियाणा के नारनौल में नांगल चौधरी कस्बे के वार्ड नंबर 6 से 19 वर्षीय युवती के लापता होने का मामला सामने आया है। युवती बीते कल शाम करीब 5 बजे घर से बिना बताए चली गई। परिजनों ने अपने स्तर पर रिश्तेदारियों और संभावित स्थानों पर उसकी तलाश की, लेकिन उसका कोई सुराग नहीं मिला। मामले में युवती के पिता की शिकायत पर नांगल चौधरी थाना पुलिस ने केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। दो माेबाइल लेकर गई शिकायत में बताया गया कि युवती लाल रंग का सूट और काले रंग की पजामी पहनकर घर से निकली थी। उसके पास दो मोबाइल नंबर भी बताए गए हैं। परिजनों ने एक युवक पर युवती को छिपाकर रखने का शक जताया है। शिकायत के आधार पर पुलिस ने संबंधित युवक के खिलाफ कार्रवाई शुरू की है। पिता ने दी लिखित शिकायत पुलिस की ओर से दर्ज कार्रवाई के अनुसार युवती के पिता ने थाना मोड़ पर ड्यूटी पर मौजूद पुलिसकर्मी को लिखित शिकायत दी। शिकायत की जांच करने पर पुलिस ने प्रथम दृष्टया भारतीय न्याय संहिता की धारा 127(6) के तहत अपराध बनता पाया। इसके बाद शिकायत को मुकदमा दर्ज करने के लिए थाने भेजा गया। पुलिस जुटी तलाश में थाने में शिकायत मिलने के बाद अभियोग दर्ज कर इसकी प्रतियां तैयार की गईं और नियमानुसार संबंधित अधिकारियों व न्यायालय को भेजने की प्रक्रिया पूरी की गई। पुलिस टीम युवती की तलाश में जुटी है। पुलिस ने परिजनों द्वारा बताए गए संभावित स्थानों पर भी तलाश शुरू कर दी है। मामले में युवती और संबंधित युवक के बारे में जानकारी जुटाई जा रही है।
हिंदी अब सिर्फ किताबों, अखबारों और दफ्तरों की भाषा नहीं रही।
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बेगूसराय में राज्यरानी एक्सप्रेस में मोबाइल छिनतई, विरोध पर अधिवक्ता ट्रेन से गिरकर घायल
11 सितंबर, शुक्रवार, बेगूसराय: चकिया थाना क्षेत्र में राजेंद्र पुल के पास राज्यरानी एक्सप्रेस में बदमाश ने अधिवक्ता से मोबाइल झपटने की कोशिश की। विरोध के दौरान हाथापाई में दोनों ट्रेन से गिर गए। बदमाश 16 हजार का मोबाइल लेकर फरार हो गया और अधिवक्ता घायल हो गए।
सिंगरौली में पत्नी के लापता होने से परेशान युवक मोबाइल टावर पर चढ़ा, आश्वासन के बाद सुरक्षित उतरा
10 सितंबर, गुरुवार: सिंगरौली के बरगवां थाना क्षेत्र में पत्नी के लापता होने से परेशान 28 वर्षीय युवक मोबाइल टावर पर चढ़ गया। पुलिस और प्रशासन की टीम ने कई घंटे समझाइश के बाद उसे सुरक्षित नीचे उतारा। पुलिस ने गुमशुदगी का केस दर्ज कर महिला की तलाश शुरू कर दी है।
अंतरराष्ट्रीय सीमा से सटे कठुआ जिले के हीरानगर स्थित चन्न खत्रियां इलाके में एक कबूतर पकड़ा गया है।
रीवा में 16.632 किलो गांजा, पिस्टल-कारतूस और मोबाइल बरामद, आरोपी गिरफ्तार
27 अगस्त, गुरुवार: रीवा के समान थाना पुलिस ने ऑपरेशन प्रहार 2.0 के तहत गड़रिया नहर के पास घेराबंदी कर एक आरोपी को गिरफ्तार किया। उसके पास से 16.632 किलो गांजा, देशी पिस्टल, मैगजीन, 4 कारतूस और 3 मोबाइल फोन बरामद किए गए। आरोपी के खिलाफ NDPS और आर्म्स एक्ट में केस दर्ज किया गया है।
Rahul Gandhi मोबाइल दिखाकर बोले- ये 21वीं सदी का पिंजरा | Congress | Rajiv Gandhi Birth Anniversary
पूर्व पीएम राजीव गांधी की जयंती पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी समेत देश के कई नेताओं ने उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की. इस मौके पर दिल्ली में हरा भरा स्वाराज कार्यक्रम का आयोजन किया. इसमें कांग्रेस सांसद और लोकसभा में नेता विपक्ष राहुल गांधी पहुंचे. यहां उन्होंने मोबाइल दिखाकर क्या कुछ कहा
iQOO-Redmi Smartphone Price Hike: मोबाइल खरीदने वालों को झटका, 14,000 रुपये तक महंगे हुए फोन
iQOO-Redmi Smartphone Price Hike: मोबाइल खरीदने वालों को झटका, 14,000 रुपये तक महंगे हुए फोन
ग्वालियर में मोबाइल चोर को पकड़ती बहनों का वीडियो झूठे सांप्रदायिक दावे से वायरल
बूम से बातचीत में ग्वालियर पुलिस ने पुष्टि की कि वीडियो में दिख रहा आरोपी मुस्लिम नहीं है और उसकी पहचान मनप्रीत सिंह के रूप में की गई है.
बक्सर पुलिस की बड़ी सफलता: एसपी शुभम आर्य ने बरामद खोए हुए मोबाइल असली धारकों को लौटाए
6 गुरुवार, अगस्त: बक्सर जिले में पुलिस ने अभियान चलाकर लोगों के खोए हुए मोबाइल फोन बरामद किए हैं। इसके बाद बक्सर एसपी शुभम आर्य ने एक कार्यक्रम के दौरान सभी मोबाइल उनके असली धारकों को सौंप दिए। अपने खोए हुए फोन वापस पाकर लोगों के चेहरे खिल उठे और उन्होंने बक्सर पुलिस की इस पहल की सराहना की।
ऑपरेशन यात्री सुरक्षा के तहत गया जंक्शन पर चोरी के दो मोबाइल के साथ एक आरोपी गिरफ्तार
4 मंगलवार, अगस्त:ऑपरेशन यात्री सुरक्षा के तहत गया जंक्शन पर कार्रवाई करते हुए पुलिस ने चोरी के दो मोबाइल फोन के साथ एक आरोपी को गिरफ्तार किया। मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।
Gaya News: 4 मोबाइल के साथ धराए दो चोर
गया जंक्शन पर 'ऑपरेशन यात्री सुरक्षा' के तहत आरपीएफ और जीआरपी के संयुक्त अभियान में यात्रियों से चोरी किए गए चार मोबाइल फोन के साथ दो चोरों को गिरफ्तार किया गया है।
पिसावां में माता-पिता से विवाद के बाद युवक मोबाइल टॉवर पर चढ़ा, तीन घंटे बाद पुलिस ने उतारा
1 शनिवार, अगस्त: पिसावां के चौखड़ियां गांव में माता-पिता से विवाद के बाद एक युवक मोबाइल टॉवर पर चढ़ गया। करीब तीन घंटे की समझाइश के बाद पुलिस ने उसे सुरक्षित नीचे उतारा। पुलिस ने युवक के खिलाफ शांति भंग की कार्रवाई की है।
खैरथल के मुंडावर में ससुराल पक्ष से नाराज युवक मोबाइल टावर पर चढ़ा, पुलिस ने सुरक्षित उतारा
1 शनिवार, अगस्त: खैरथल जिले के मुंडावर क्षेत्र में ससुराल पक्ष से नाराज एक युवक मोबाइल टावर पर चढ़ गया। सूचना पर पहुंची पुलिस और प्रशासन ने समझाइश के बाद उसे सुरक्षित नीचे उतारा। पुलिस मामले की जांच कर रही है और युवक से पूछताछ के साथ काउंसलिंग भी कराई जा रही है।
टीवी अभिनेत्री स्मृति खन्ना का मानना है कि वर्टिकल सीरीज मनोरंजन की दुनिया का भविष्य हैं। उन्होंने बताया कि कम समय के एपिसोड, मोबाइल फ्रेंडली फॉर्मेट और बड़े प्रोडक्शन हाउस की बढ़ती दिलचस्पी इस नए ट्रेंड को तेजी से आगे बढ़ा रही है। साथ ही उन्होंने ...
31 मई को फुल-मून : अपने मोबाइल से लीजिए चांद की बेहतरीन फोटो, नासा ने शेयर किए फोटोग्राफी टिप्स
31 मई को आसमान में एक बार फिर खूबसूरत नजारा यानी कि 'फुल मून' देखने को मिलेगा। इस रात चांद की खूबसूरत तस्वीर हर कोई अपने मोबाइल में कैद करना चाहेगा, लेकिन स्मार्टफोन से चांद की अच्छी तस्वीरें लेने में कई चुनौतियां भी हैं।
'कल्कि 2898 AD' के ट्रेलर रिलीज के वक्त मोबाइल फेंकने जा रहे थे अमिताभ बच्चन, खुद बताया पूरा किस्सा
बॉलीवुड फिल्मों के जाने माने मशहूर अभिनेता अमिताभ बच्चन वैसे तो अक्सर ही खबरों में बने रहते हैं. लेकिन इस बार उनके क्रेज का कारण उनका जबरदस्त एक्शन अवतार है. हिंदी फिल्मों के एंग्री यंगमैन कहे जाने वाले अमिताभ बच्चन अपनी नई फिल्म 'कल्कि 2898 AD' के ट्रेलर में एक विस्फोटक एक्शन अवतार में दिखाई दे रहे हैं. निर्देशक नाग अश्विन की इस पैन इंडिया फिल्म में कई लोगों को अमिताभ का एक्शन अवतार, फिल्म के हीरो प्रभास से भी अधिक दमदार लग रहा है. लेकिन इस ऑनस्क्रीन एक्शन अवतार का प्रभाव शायद बच्चन साहब को रियलिटी में भी फील होने लगा है. इधर 'कल्कि 2898 AD' का ट्रेलर रिलीज हुआ तथा उधर अमिताभ बच्चन अपने फोन से इतने नाराज हो गए कि उसे तोड़ने की बात कह गए. अपने ब्लॉग पर 'कल्कि 2898 AD' का ट्रेलर साझा करते हुए बताया कि वो अपने मोबाइल से फ्रस्ट्रेट हो गए हैं. उन्होंने ब्लॉग पोस्ट में लिखा, 'अपना फोन ठीक करने की बड़ी कोशिश कर रहा हूं... पहले से जो सेट था, अचानक बदल गया. तो हर तरफ से मदद लेने का प्रयास कर लिया, लेकिन नाकाम रहा... बहुत फ्रस्ट्रेटिंग है ये... चाह रहा था कि इंग्लिश और हिंदी टाइपिंग, दोनों हों. इंग्लिश में एक हिंदी वर्ड लिखूं और वो देवनागरी में आ जाए... मगर कई घंटे लिंक्स और एक्स्पेरिमेंट्स फॉलो करने के बाद, अब मैं खिड़की से बाहर फेंककर अपना फोन तोड़ डालने के बहुत करीब हूं.' कुछ देर पश्चात् बच्चन साहब ने साफ किया कि वो सच में अपना मोबाइल नहीं फेंकने जा रहे, बस गुस्सा जाहिर कर रहे हैं. उन्होंने लिखा, 'नहीं नहीं नहीं... ऐसी किस्मत कहां... बस गुस्सा निकाल रहा हूं.' अपने ब्लॉग पोस्ट में अमिताभ ने ये भी कहा कि 'कल्कि 2898 AD' एवं 'Section 84 IPC' के पश्चात्, वो समझ नहीं पा रहे कि अगला प्रोजेक्ट क्या चुनना है. उन्होंने लिखा कि आज एक अभिनेता के पास 'मैनेजमेंट एक्सपर्ट्स से लेकर एजेंट्स तक' इतने सारे लोग होते हैं, ये बताने के लिए कि मार्किट में किस प्रकार का कंटेंट चल रहा है तथा सिनेमा लवर्स क्या पसंद कर रहे हैं, क्या नहीं. मगर उनके दौर में ऐसा कुछ नहीं था. अमिताभ ने कहा, 'हम सिर्फ अगली जॉब का मौका खोज रहे होते थे, जिससे हम घर चलाने की, नौकरी बनाए रखने की शर्त पूरी कर सकें. अब बात अलग हो गई है. नई जेनरेशन इस तरह सोचती है, ऐसे चलती है कि... मैं बाद एक काम खोजूंगा और उम्मीद करूंगा कि काम मिले और बस मेरा 'किचन चलता रहे.' अमिताभ बच्चन की अगली फिल्म 'कल्कि 2898 AD' का ट्रेलर सोमवार शाम को रिलीज हुआ है. इस फिल्म में अमिताभ, अश्वत्थामा का माइथोलॉजी बेस्ड भूमिका निभा रहे हैं तथा ट्रेलर में जनता उनके किरदार और काम को बहुत पसंद कर रही है. 'ये मेरी चॉइस है, मेरे मां-बाप…', जहीर इकबाल संग शादी पर आई सोनाक्षी सिन्हा की प्रतिक्रिया शूटिंग से 4 दिन पहले डायरेक्टर ने किया एक्ट्रेस को फिल्म से बाहर, सालों बाद खुद किया चौंकाने वाला खुलासा सैलरी पर हो रही चर्चा को लेकर आई 'पंचायत' के सचिव जी की प्रतिक्रिया, जानिए क्या कहा?
तमन्ना भाटिया को महाराष्ट्र साइबर सेल द्वारा आईपीएल मैचों की अवैध स्ट्रीमिंग में उनकी कथित संलिप्तता के संबंध में पूछताछ के लिए बुलाया गया है। उनसे 29 अप्रैल को पूछताछ के लिए पेश होने की उम्मीद है। संजय दत्त भी इस मामले से जुड़े थे, लेकिन अपनी पूर्व प्रतिबद्धताओं के कारण, वह 23 अप्रैल को पूछताछ सत्र में शामिल नहीं हो सके। इसके बजाय, उन्होंने अपना बयान दर्ज करने के लिए एक अलग तारीख की मांग की। फेयरप्ले, जो महादेव ऑनलाइन गेमिंग ऐप की सहायक कंपनी है, को क्रिकेट, पोकर, कार्ड गेम्स और टेनिस जैसी विभिन्न लाइव गेम्स पर अवैध सट्टेबाजी से जोड़ा गया है। पिछले साल यह ऐप सुर्खियों में आया जब रणबीर कपूर और श्रद्धा कपूर जैसे अभिनेताओं, जिन्होंने इस ऐप का प्रचार किया, को प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) द्वारा पूछताछ के लिए बुलाया गया। महादेव ऑनलाइन सट्टेबाजी ऐप दुबई से संचालित होता है, जिसे भिलाई, छत्तीसगढ़ के रहने वाले सौरभ चंद्राकर और रवि उप्पल चलाते हैं। उन्होंने नए ग्राहकों को आकर्षित करने के लिए नई वेबसाइटें और चैट समूह बनाकर विभिन्न रणनीतियों का उपयोग किया और सामाजिक मीडिया प्लेटफॉर्म पर भुगतान किए गए विज्ञापनों के माध्यम से लोगों को आकर्षित किया। ईडी एक साल से अधिक समय से महादेव ऐप से जुड़ी मनी लॉन्ड्रिंग के मामले की जांच कर रही है, जिसमें छत्तीसगढ़ के विभिन्न हाई प्रोफ़ाइल राजनेता और अधिकारियों के शामिल होने का आरोप लगाया गया है। भीड़ में पापा अमिताभ को सँभालते नजर आए अभिषेक बच्चन, फैंस कर रहे तारीफ इतनी छोटी स्कर्ट पहनकर इवेंट में पहुंच गई ऋतिक रोशन की Ex वाइफ, हुई Oops मोमेंट का शिकार ऐश्वर्या राय संग इंटीमेट सीन पर बोले रणबीर कपूर- 'हाथ कांप रहे थे फिर...'

