KGMU के शताब्दी में घटिया ईंट से एचआरएफ स्टोर का निर्माण अफसर करवा रहे हैं। इंजीनियर-ठेकेदार की मिलीभगत से आधे से ज्यादा निर्माण पूरा हो गया है। इसके बाद भी किसी भी जिम्मेदार की घटिया निर्माण पर निगाह तक नहीं गई। रविवार को इस घटिया निर्माण का वीडियो सोशल मीडिया पर वॉयरल हुआ। इसमें किसी व्यक्ति ने निर्माण की गुणवत्ता पर सवाल उठाते हुए पीली ईंट को दिखाया है। KGMU प्रशासन ने जांच कराए जाने का दावा किया है। KGMU शताब्दी के ग्राउंड फ्लोर पर बने न्यूक्लियर मेडिसिन विभाग में एचआरएफ स्टोर का निर्माण चल रहा है। निर्माण में पीली ईंट लगाई जा रही है। यह निर्माण का सामान शताब्दी के गेट पास रखा हुआ है। संस्थान में इस तरह के घटिया निर्माण को लेकर किसी व्यक्ति ने वीडियो बनाया। इसमें पीली ईंट की गुणवत्ता भी वीडियो में दिखाई। दोनों ईंट टकराने पर टूट जा रही है। पूरा वीडियो सोशल मीडिया पर वॉयरल हुआ है। इससे संस्थान के इंजीनियर-ठेकेदारों को कठघरे में खड़ा किया। मामले के जांच के आदेश KGMU प्रवक्ता डॉ. केके सिंह ने दावा किया है मामले की जांच कराई जाएगी। जांच में आरोप सही मिले तो संबंधित इंजीनियर व ठेकेदार के खिलाफ कार्रवाई की संस्तुति होगी।
शासन की ओर से देर रात जारी तबादला सूची में संभल के जिलाधिकारी डॉ. राजेंद्र पेंसिया को मुरादाबाद का डीएम बनाया गया है। संभल जामा मस्जिद के पूर्व में हरिहर मंदिर होने के दावे के बाद उसका सर्वे कराने को लेकर राजेंद्र पेंसिया नेशनल लेवल पर सुर्खियों में रहे हैं। इधर, मुरादाबाद के जिलाधिकारी अनुज सिंह को मुख्यमंत्री के विशेष सचिव के रूप में महत्वपूर्ण तैनाती मिली है। अनुज सिंह 22 महीने तक मुरादाबाद के डीएम रहे। इस दौरान उन्होंने कई कड़े फैसले लिए। अपने फैसलों पर डटे रहने के लिए भी उन्हें याद किया जाएगा। अनुज सिंह के समय में कुंदरकी उपचुनाव हुआ। उन्हें शासन के भरोसेमंद अफसरों में गिना जाता है। आईएएस अनुज सिंह ने 25 जून 2024 को मुरादाबाद के जिलाधिकारी के रूप में चार्ज लिया था। इसके बाद सरकारी तंत्र को सुधारने की दिशा में एक के बाद एक कई कदम उठाए। सरकारी भूमि को संरक्षित करने के मामले में उनके कई डिसीजन सुर्खियों में रहे। पिछले कई महीनों से अनुज सिंह खुद शासन में पोस्टिंग चाहते थे। उनकी पत्नी हर्षिता माथुर भी आईएएस अधिकारी हैं। वह लंबे वक्त तक रायबरेली की डीएम रही हैं। पिछले सप्ताह ही शासन ने उन्हें रायबरेली डीएम पद से हटाकर निदेशक, बाल विकास एवं पुष्टाहार/राज्य पोषण मिशन के रूप में लखनऊ में तैनाती दी है। वह ढाई साल तक रायबरेली की डीएम रहीं। पति-पत्नी दोनों ही फील्ड पोस्टिंग के बजाए पिछले कुछ समय से शासन में पोस्टिंग की कोशिशों में लगे थे।
जनगणना जैसे राष्ट्रीय महत्व के कार्य में लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों और कर्मचारियों के खिलाफ प्रशासन ने कड़ा रुख अपनाया है। निगम कमिश्नर व प्रमुख जनगणना अधिकारी क्षितिज सिंघल ने कार्य पर उपस्थित नहीं रहने वाले कुल 289 अधिकारी-कर्मचारियों को कारण बताओ नोटिस जारी किया है। दरअसल जनगणना कार्य के लिए विभिन्न विभागों के अधिकारियों और कर्मचारियों को जिम्मेदारी सौंपी गई थी। इसके बावजूद 1 मईसे लगातार सूचना दिए जाने के बाद भी कई कर्मचारी ड्यूटी पर उपस्थित नहीं हुए। प्रशासन ने इसे गंभीर लापरवाही और अनुशासनहीनता मानते हुए कहा है कि यह मध्यप्रदेश सिविल सेवा आचरण नियम 1965 के प्रावधानों का उल्लंघन है। इस मामले में दोषी पाए जाने पर सख्त अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी। संबंधित कर्मचारियों को नोटिस में स्पष्ट किया गया है कि अनुपस्थित कर्मचारियों के खिलाफ मध्यप्रदेश सिविल सेवा (वर्गीकरण, नियंत्रण एवं अपील) नियम 1966 के तहत विभागीय जांच प्रस्तावित की गई है। साथ ही जनगणना अधिनियम 1948 की संबंधित धाराओं के तहक FIR दर्ज कराने की कार्रवाई भी की जा सकती है। सभी संबंधित अधिकारियों और कर्मचारियों को निर्देश दिए गए हैं कि वे तत्काल ड्यूटी जॉइन करें और अपना संतोषजनक स्पष्टीकरण 4 मई शाम 5.30 बजे तक चार्ज अधिकारी के समक्ष प्रस्तुत करें। प्रशासन ने चेतावनी दी है कि निर्धारित समय सीमा तक जवाब नहीं देने या ड्यूटी पर उपस्थित नहीं होने की स्थिति में एकपक्षीय कार्रवाई की जाएगी।
गोरखपुर में 17 मार्च की सुबह 6:15 बजे बरगदवा निवासी राजकुमार चौहान की चाकू मारकर हत्या की गई थी। इसमे आरोपी बनाए गए लालजी यादव उर्फ गट्टू की गिरफ्तारी को हाईकोर्ट ने अवैध घोषित कर दिया। इलाहाबाद हाई कोर्ट ने बंदी प्रत्यक्षीकरण याचिका की सुनवाई में अहम फैसला देते हुए लालजी यादव को तत्काल रिहा करने का आदेश दिया है। वहीं यह गलती कैसे हुई है इसकी जांच का भी निर्देश दिया है। रिहाई का आदेश पहुंचते ही जेल प्रशासन ने लालजी को तत्काल प्रभाव से रिहा कर दिया। कानूनी प्रक्रियाओं का नहीं किया पालन न्यायमूर्ति सिद्धार्थ और न्यायमूर्ति विनय कुमार द्विवेदी की खंडपीठ ने मामले की सुनवाई करते हुए पाया कि गिरफ्तारी के दौरान निर्धारित कानूनी प्रक्रियाओं का पालन नहीं किया गया। विशेष रूप से, गिरफ्तारी के कारणों की सूचना न तो आरोपी लालजी यादव को दी गई और न ही उसके परिजनों को उपलब्ध कराई गई। कोर्ट ने कहा कि यह चूक संविधान के अनुच्छेद 22(1) और स्थापित न्यायिक दिशा-निर्देशों का उल्लंघन है। साथ ही, 21 मार्च 2026 को गोरखपुर के रिमांड मजिस्ट्रेट द्वारा पारित रिमांड आदेश को भी निरस्त कर दिया। अदालत ने स्पष्ट किया कि गिरफ्तारी की प्रक्रिया में पारदर्शिता और कानूनी प्रावधानों का पालन अनिवार्य है। सुप्रीम कोर्ट के विभिन्न फैसलों का हवाला देते हुए कहा गया कि गिरफ्तारी के कारणों की जानकारी आरोपी और उसके परिजनों को देना जरूरी है। लालजी यादव की ओर से अधिवक्ता करुणेश प्रताप सिंह और अमित कुमार यादव ने पैरवी की। जांच अधिकारी के खिलाफ भी कार्रवाई का आदेशकोर्ट ने निर्देश दिया कि याचिकाकर्ता को बिना किसी देरी के रिहा किया जाए और इसके लिए प्रमाणित प्रति का इंतजार भी न किया जाए। कोर्ट का आदेश मिलते ही जेल प्रशासन ने लाल जी यादव को तत्काल रिहा कर दिया। उधर, अदालत ने रिमांड मजिस्ट्रेट को भविष्य में आदेश पारित करते समय सतर्क रहने की सलाह दी है। वहीं, रजिस्ट्रार को निर्देश दिया कि आदेश की प्रति जिला जज और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक गोरखपुर को भेजी जाए, ताकि इस गलती पर जांच अधिकारी के खिलाफ कर्तव्य में लापरवाही के आरोप में तीन दिन के भीतर कार्रवाई शुरू की जा सके। पत्नी की तहरीर पर दर्ज की गई एफआईआर राजकुमार की पत्नी की तहरीर पर पुलिस ने दीपक गौड़, धर्मदेव चौहान, लालजी यादव उर्फ गट्टू, धरमपाल चौहान, अमर सिंह चौधरी, मोनू पांडेय, सत्येंद्र चौधरी उर्फ टिल्लू, अभय पांडेय समेत अन्य अज्ञात लोगों के खिलाफ केस दर्ज किया था। जांच के आधार पर हत्या में राज चौहान उर्फ निरहू और विपिन यादव का नाम सामने आया,जिन्हें पुलिस ने कुछ ही घंटों में गिरफ्तार कर लिया। इसके बाद साजिश और साक्ष्य छिपाने के आरोप में दीपक गौड़, लालजी यादव, शेषनाथ यादव, अंकित यादव, देवव्रत यादव और मनीष यादव और सचिन यादव को गिरफ्तार किया। इस संबंध में एसपी नॉर्थ ज्ञानेंद्र कुमार ने बताया कि उच्च न्यायालय ने रिमांड प्रक्रिया की कमी को इंगित करते हुए रिमांड खारिज किया है। विवेचनात्मक कार्यवाही पर कोई टिप्पणी नहीं की है। फिर नियमानुसार अग्रिम विधिक कार्यवाही करते हुए शीघ्र ही मामले में नियमानुसार आरोप पत्र प्रेषित किया जाएगा l गोरखनाथ पुलिस को ट्रांसफर की गई है जांचचर्चित राजकुमार चौहान हत्याकांड केस गोरखनाथ पुलिस को ट्रांसफर कर दिया गया है। इस केस की जांच गोरखनाथ थाने के इंस्पेक्टर की निगरानी में की जा रही है। पार्षद सहित अन्य आरोपियों को बचाने के पीड़िता के आरोप पर यह फैसला लिया गया है। राजकुमार की पत्नी ने चिलुआताल थाने से विवेचना ट्रांसफर करने का आग्रह किया था। वह इस मामले में चिलुआताल पुलिस पर भरोसा नहीं कर पा रही थीं। फिलहाल इस केस में दो मुख्य आरोपियों सहित 10 आरोपियों को गिरफ्तार कर चिलुआताल पुलिस पहले ही जेल भेजवा चुकी है। 17 मार्च की सुबह करीब 6:15 बजे बरगदवा निवासी राजकुमार चौहान पर गोली और चाकू से हमला किया गया था। गंभीर रूप से घायल होने पर उन्हें बीआरडी मेडिकल कॉलेज ले जाया गया, जहां इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई थी। इस मामले में राजकुमार की पत्नी की तहरीर पर पुलिस ने दीपक गौड़, धर्मदेव चौहान, लालजी यादव उर्फ गट्टू, धरमपाल चौहान, अमर सिंह चौधरी, मोनू पांडेय, सत्येंद्र चौधरी उर्फ टिल्लू, अभय पांडेय समेत अन्य अज्ञात लोगों के खिलाफ केस दर्ज किया था। जांच के दौरान घटनास्थल का निरीक्षण, सीसीटीवी फुटेज और कॉल डिटेल के आधार पर राज चौहान उर्फ निरहू और विपिन यादव का नाम सामने आया। जिन्हें पहले ही गिरफ्तार कर पुलिस ने हत्या का खुलासा किया था। इसके बाद साजिश और साक्ष्य छिपाने के आरोप में दीपक गौड़, लालजी यादव, शेषनाथ यादव, अंकित यादव, देवव्रत यादव और एक बाल अपचारी को 21 मार्च को गिरफ्तार किया था।इसी क्रम में 26 मार्च को मनीष यादव और सचिन यादव को भी गिरफ्तार किया गया। घटना में प्रयुक्त पिस्टल मनीष यादव ने राज चौहान उर्फ निरहू को दी थी। जबकि वारदात के बाद पिस्टल और चाकू छिपाने के लिए आरोपियों ने सचिन यादव को सौंप दिया था। पुलिस ने सचिन की निशानदेही पर घटना में प्रयुक्त पिस्टल और चाकू बरामद कर लिया है। इन सभी आरोपियों के पकड़े जाने के बाद भी राजकुमार की पत्नी खुलासे से संतुष्ट नहीं हैं। उनका दावा है कि यह सभी आरोपी घटना में शामिल हो सकते हैं लेकिन मास्टरमाइंड पार्षद धर्मदेव चौहान हैं। पुलिस उन्हें बचा रही है। वादी मुकदमा ने इसी आधार पर केस ट्रांसफर करने की मांग की थी। जिसके बाद एसएसपी ने केस को गोरखनाथ थाने को ट्रांसफर कर दिया। गोरखनाथ थाने को ट्रांसफर करने से न सिर्फ थाना बल्कि सर्किल और उत्तरी क्षेत्र से भी केस ट्रांसफर हो गया। अब एसपी सिटी और सीओ गोरखनाथ इसकी मानिटरिंग करेंगे। एसपी नार्थ ज्ञानेन्द्र ने बताया कि वादी मुकदमा की मांग पर चिलुआताल थाने से केस ट्रांसफर कर दिया गया है। लारेंस विश्नोई गैंग के गुर्गे ने सप्लाई किया था असलहा गोरखपुर के चिलुआताल इलाके में 17 मार्च को भाजपा नेता राजकुमार चौहान की चाकू से गोदकर हत्या कर दी गई थी। इस मामले में दो और आरोपियों को पुलिस ने गुरुवार को गिरफ्तार किया है। आरोपियों की पहचान चिलुआताल के बरगदवा निवासी मनीष यादव और गोरखनाथ क्षेत्र के लच्छीपुर के रहने वाले सचिन यादव के रूप में हुई है। इसमे मनीष यादव लारेंस विश्नोई गैंग के लिए भी काम करता है। पुलिस के मुताबिक इस घटना में इस्तेमाल किया गया असलहा मनीष यादव ने ही राज चौहान उर्फ निरहू को दिया था। जबकि घटना के बाद हत्या में इस्तेमाल असलहा और चाकू सचिन यादव ने छिपाया था। घटना वाले दिन असलहे से गोली चलाकर दहशत फैलाई गई थी, जबकि हत्या मुर्गा काटने वाले चाकू से की गई थी। हत्या करने के आरोपी राज चौहान और विपिन यादव के पकड़े जाने के बाद मनीष और सचिन बिहार भाग गए थे। इधर मामला ठंडा होने पर दोनों घर वापस आए थे, तभी दबोच लिए गए। पकड़े जाने पर पता चला कि मनीष यादव लारेंस विश्नोई गैंग के लिए काम करता है। पूछताछ के बाद पुलिस ने कानूनी प्रक्रिया पूरी कर दोनों आरोपियों को देर शाम जेल भिजवा दिया। मनीष यादव पर तीन मुकदमे चिलुआताल, गोरखनाथ और हरियाणा के कुरुक्षेत्र जिले के शाहाबाद थाने में दर्ज है। जबकि सचिन यादव पर पहला मुकदमा हत्या का दर्ज किया गया है। इससे पहले कोई मुकदमा नहीं था। इनके पास से पुलिस ने 32 बोर की पिस्टल, 2 मैगजीन और मोबाइल बरामद किया है। अभी इस राजकुमार हत्याकांड में 8 आरोपी गिरफ्तार कर जेल भिजवाए जा चुके हैं। लारेंस विश्नोई गैंग का सदस्य है मनीष यादव भाजपा नेता राजकुमार चौहान की हत्या में असलहा सप्लाई करने का आरोपी मनीष यादव लारेंस विश्नोई गैंग का सक्रिय सदस्य है। यह गैंग के लिए असलहा सप्लाई करता था। सिंगर सिद्धू मूसेवाला हत्याकांड में मनीष यादव का भी नाम सामने आया था। साल 2024 के मई माह में गोरखपुर एसटीएफ ने चिलुआताल क्षेत्र से मनीष यादव को गिरफ्तार किया था। एसटीएफ की पूछताछ में मनीष यादव ने बताया था कि वह गोरखपुर के ही शशांक पांडेय के माध्यम से लारेंस विश्नोई गैंग से जुड़ा था। वह इंदौर में रहकर असलहा सप्लाई का काम करता था। सिंगर सिद्धू मूसेवाला की हत्या में पकड़े गए आरोपियों ने असलहा सप्लाई में मनीष यादव का नाम लिया था। इस घटना के बाद से ही चुपचाप मनीष गोरखपुर स्थित घर पर आ गया था। लेकिन वह ज्यादातर बिहार में ही अपना ठिकाना बनाया हुआ था। जबकि अंबाला एसटीएफ लगातार मनीष यादव की लोकेशन ट्रेस कर रही थी। इसी बीच उसकी लोकेशन गोरखपुर के बरगदवा में मिली। इसके बाद गोरखपुर एसटीएफ के साथ मिलकर मनीष यादव को गिरफ्तार कर अंबाला लेकर गई थी। इसके अलावा भी बिश्नोई गैंग द्वारा कई घटनाएं अंजाम दी गई थी। जिसमे मनीष यादव ने ही असलहा सप्लाई किया था। इस संबंध में एसपी उत्तरी ज्ञानेंद्र कुमार ने बताया कि दो और आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है। उनके पास से पिस्टल, मैगजीन और गोलियां भी बरामद हुई हैं। 21 मार्च को पकड़े गए थे 6 आरोपी हत्या की साजिश रचने के आरोप में पुलिस ने शनिवार को 06 और आरोपियों को गिरफ्तार किया है। जिनकी पहचान चिलुआताल के बरगदवा निवासी दीपक गौड़, लालजी यादव उर्फ गट्टू, शेषनाथ यादव, अंकित यादव, देवव्रत यादव और एक बाल अपचारी के रूप में हुई। बाल अपचारी ने राज की खून से सनी जैकेट जलाई थी। इसके अलावा हत्या की घटना को अंजाम देने के आरोपी राज चौहान उर्फ निरहुआ और विपिन यादव को पहले ही पकड़े जा चुके हैं। साजिश रचने के आरोपियों ने राज चौहान उर्फ निरहुआ को मारने के लिए उकसाया था। मृतक राजकुमार के भतीजे नीरज चौहान ने 21 फरवरी को राज के भाई को मारा-पीटा था। शिकायत करने गई राज की मां का गाली देकर भगा दिया था। इसके बाद से ही राज चौहान नीरज को जान से मारना चाह रहा था। लेकिन सभी आरोपियों ने मिलकर उसे समझाया कि नीरज को मारोगे तो राजकुमार तुम्हें जिंदा नहीं छोड़ेगा, इसलिए राजा को मारो, मंत्री खुद ही खत्म हो जाएगा। राजकुमार को मारने के बाद नीरज को मारने का प्लान तैयार किया गया था। इस संबंध में एसपी उत्तरी ज्ञानेंद्र कुमार ने बताया कि गीडा सीओ योगेंद्र सिंह और कैंपियरगंज सीओ अनुराग सिंह ने मेहनत कर कड़ी से कड़ी जोड़ी है। तब जाकर साजिश करने वालों के खिलाफ मजबूत साक्ष्य मिले हैं। सभी आरोपियों की राज चौहान उर्फ निरहुआ से कई बार बात हुई है। सीडीआर से पूरा डिटेल निकाल लिया गया है। उन्होंने बताया कि एक साल से मारने की तैयारी चल रही थी। एक साल पहले असलहा भी खरीदा गया था। तभी से योजना बन रही थी, लेकिन घटना करने के लिए राज उर्फ निरहुआ हिम्मत नहीं जुटा पा रहा था। इसी बीच जब उसके भाई को मारा पीटा गया, तब उसके अंदर गुस्सा जागा। उसने कॉल करके दीपक से कहा कि किसी भी हाल में अब में राजकुमार को निपटाकर ही दम लूंगा। सबसे पहले 14 मार्च को रेकी कर राज उर्फ निरहुआ अपने दोस्त विपिन के साथ घटना स्थल पर गया था। लेकिन उस दिन राजकुमार टहलने नहीं गया, इसलिए प्लान फेल हो गया था। इसके बाद से लगातार राज सुबह वहां जा रहा था। 17 मार्च को जैसे ही राजकुमार भोर में वहां पहुंचा। उसपर हमला कर दिया। चाकू से गोदकर हत्या कर दी गई। 12 घंटे में पकड़े गए आरोपी घटना के 12 घंटे बाद बाद बरगदवां के दो आरोपी राज चौहान और विपिन यादव को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया था। हत्यारोपियों ने इस घटना में इस्तेमाल किया चाकू भी अब पुलिस का बरामद कराया है। पुलिस के मुताबिक, आरोपियों ने मुर्गा काटने वाला चाकू से भाजपा नेता पर हमला किया था। दहशत फैलाने के लिए तमंचे से फायरिंग भी की थी। घटना के बाद दोनों आरोपियों ने खून से सने कपड़े बंधे के पास जला दिए थे। वहीं अपने एक परिचित के पास तमंचा छिपाया था। जिसको पकड़ने पुलिस उसके घर पहुंची तो वह पहले से ही फरार था। अब उसकी तलाश चल रही है। दीपक गौड़ और आरोपी के बीच 35 बार बात हुई बरगदवां के रहने प्रापर्टी डीलर राजकुमार चौहान हत्याकांड की जांच में पुलिस को अहम सुराग हाथ लगे। जांच के दौरान सामने आया है कि नामजद आरोपी दीपक गौड़ और मुख्य हत्यारोपी राज चौहान के बीच पिछले 6 महीनों में करीब 35 बार फोन पर बातचीत हुई थी। इस खुलासे के बाद पुलिस का शक और गहरा गया है कि हत्या की काफी पहले से साजिश रची गई थी। एपी नार्थ ज्ञानेंद्र कुमार के अनुसार, राज चौहान 6 माह पहले तक दीपक गौड़ का डंपर चलाता था। दोनों के बीच पुराने संबंध रहे हैं। इस बीच वह किसी और का एक हजार रुपए प्रतिदिन के हिसाब से डंपर चलाता था। वारदात की रात भी वह डंपर चलाने गया था। देर रात जब उसकी मां निर्मला देवी ने उसके मोबाइल पर काॅल कर आने की बात पूछी तो उसके डंपर मिट्टी में फंसने का हवाला देते हुए अगले दिन आने की बात कहते हुए फोन काट दिया था। मंगलवार यानी 17 मार्च की सुबह राज ने अपने दोस्त विपिन यादव के साथ मिलकर राजकुमार की हत्या कर मौके से भाग निकला था। पुलिस के अनुसार राज हाल ही में मछली पालन का व्यवसाय शुरू करने की तैयारी में था और इसी दौरान दोनों के बीच संपर्क फिर से बढ़ा। कॉल डिटेल्स से यह स्पष्ट हुआ है कि बीते छह महीनों में दोनों के बीच लगातार बातचीत होती रही, जिससे पुलिस इस एंगल को गंभीरता से जांच रही है। पुलिस ने हत्यारोपी राज के निशानदेही पर उसके घर से हत्या में प्रयुक्त मुर्गा काटने वाला चाकू भी बरामद कर ली है। जिसे जांच के लिए फाॅरेंसिक लैब भेजा गया है। सबूत मिटाने के लिए जला दिए थे खून से सने कपड़े पुलिस के अनुसार, हत्या के बाद आरोपियों सबूत मिटाने की भी साजिश रची गई थी। जांच में यह बात सामने आई है कि वारदात के बाद राज और उसके साथी विपिन यादव ने खून से सने कपड़ों को नष्ट करने की योजना बनाई। दोनों ने एक परिचित के माध्यम से उन कपड़ों को जलवा दिया, ताकि पुलिस को कोई ठोस सबूत न मिल सके। इस मामले में पुलिस ने कपड़े जलाने में मदद करने वाले एक व्यक्ति को हिरासत में लिया है और उससे पूछताछ की जा रही है। पुलिस यह जानने का प्रयास कर रही है कि इस साजिश में और कौन-कौन लोग शामिल थे और हत्या के पीछे की असली वजह क्या थी। गांव के युवक के पास रखा था तमंचा पुलिस के अनुसार हत्यारोपियों ने प्रापर्टी डीलर पर पहले तमंचे से फायर किया था, लेकिन राजकुमार बचकर भागने लगे थे। इसके बाद दोनों हत्यारोपियों ने उन्हें 100 मीटर तक पीछा कर दबोच लिया। इसके बाद ताबड़तोड़ सीने, सिर, चेहरे, पेट व पीठ पर वार कर मौत के घाट उतार दिया। इसके बाद वहां से भाग निकले थे। वारदात के बाद तमंचा उसने गांव के ही रहने वाले सचिन यादव को दे दिया था। मामला प्रकाश में आने के बाद पुलिस टीम सचिन की तलाश में दबिश देना शुरू किया था। आठ नामजद आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग भाजपा नेता राजकुमार चौहान की पत्नी सुशीला देवी ने कहा- 'पति पर चाकू से हमला कर मारने वाले केवल मोहरा हैं। हमला कराने वाला असली खिलाड़ी कोई और है, जिसने पैसा देकर मेरे पति को मरवाया। मैंने गांव के 8 लोगों के नाम पुलिस को बताए थे, वही पति के असली कातिल हैं। जब तक उन्हें सजा नहीं दिलाऊंगी, चैन से नहीं बैठूंगी। मेरा परिवार सड़क पर आ गया। सीएम योगी से मेरी अपील है कि आरोपियों के घर पर बुलडोजर चलवाइए। जैसे मेरा पति मरा, वैसे ही उनका भी एनकाउंटर होना चाहिए। मामले की सीबीआई जांच कराई जाए।' परिवार की शिकायत पर पुलिस ने 8 लोगों के खिलाफ नामजद FIR दर्ज की। 8 आरोपियों को गिरफ्तार भी कर लिया है। हालांकि, परिवार इस गिरफ्तारी पर खुश नहीं है। पत्नी और बहन का कहना है कि पुलिस ने जिन लोगों को गिरफ्तार किया है, वो केवल मोहरा हैं। साजिशकर्ता कोई और है। उकसा कर हमला कराया गया। घर में मातम, पत्नी-बेटियों का रो-रोकर बुरा हालगोरखपुर के बरगदवां में स्थित राजकुमार के घर पर मातम छाया है। पत्नी, दोनों बेटियां और बहन का रो-रोकर बुरा हाल है। पत्नी सुशीला कहती हैं- हमारा सब कुछ लुट गया। पति राजनीति में आगे बढ़ रहे थे। इससे जलने वालों ने उनके साथ पूरे परिवार को खत्म कर दिया। पति चुनाव हारे, उसके बाद रंजिश बढ़ीसुशीला कहती हैं- 3 साल पहले पार्षद का चुनाव हुआ था। उसमें पति हार गए थे, धर्मदेव चौहान जीत गए थे। उसके बाद से रंजिश बढ़ती गई। 2 साल पहले पार्षद धर्मदेव के लोगों ने भतीजे नीरज के साथ मारपीट की थी। इसमें भतीजे को पुलिस ने चौकी में बैठा लिया था। पति जब उसे छुड़ाने गए, तो उनको भी फर्जी केस में फंसाकर जेल भेज दिया गया था। वह एक महीना जेल काटकर आए थे। तब से ही ये लोग दुश्मनी निकालने में जुटे थे। परिवार बोला- अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुईपत्नी सुशीला ने बताया- बुधवार को डीएम और एसएसपी ने मिलने के लिए बुलाया था। उन्होंने कहा कि बच्चों को कहां पढ़ाना है, बताओ। बिजनेस के लिए लोन दिलाएंगे। मैंने उनसे कहा कि जब पति ही नहीं रहा, तो लोन लेकर क्या करेंगे? अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। उन्होंने कहा- मुख्यमंत्री ने अपराधियों को मिट्टी में मिलाने की बात कही थी, लेकिन अब तक कुछ नहीं हुआ। मंत्री दारा सिंह चौहान ने 10 लाख रुपए की मदद देने की बात कही है। भतीजा बोला- चाचा ने दीपक का नाम लिया था…राजकुमार के भतीजे नीरज ने बताया- हमने जिनका नाम दिया, उनकी गिरफ्तारी नहीं हुई। हम पुलिस की कार्रवाई से संतुष्ट नहीं हैं। कोई बड़ा विवाद नहीं था। लेकिन, चाचा की पहचान और दबदबे से लोग खुन्नस रखते थे। हमें यह तक नहीं पता कि आरोपी कहां रखे गए हैं? चाचा मरने से पहले दीपक का नाम लेकर चिल्ला रहे थे। आरोपी की मां बोली- तंग आ गया था बेटाराजकुमार के घर से करीब 100 मीटर दूर राज चौहान का घर है। उसके घर के सामने से ही रोज राजकुमार भोर में टहलने जाते थे। राज की मां निर्मला चौहान ने बताया- मेरे 3 बेटे हैं। राज डंपर चलाता था। राजकुमार का भतीजा नीरज मेरे बच्चों के साथ हमेशा मारपीट करता रहता था। पुलिस भी हमारी शिकायत नहीं सुनती थी। राज लंबे समय से इस प्रताड़ना को झेल रहा था। उसने हत्या की या नहीं, यह मुझे नहीं मालूम। नीरज ने मेरे तीनों बेटों को कई बार मारा। राज को मछली पालन का काम मिल गया था। घटना के दिन शाम 6 बजे उसने फोन कर बताया था कि वह मिट्टी गिराने का काम कर रहा है। लेकिन, उसकी गाड़ी कहीं फंस गई थी। इसलिए वह देर रात तक नहीं आया था। डॉक्टर बोले- चाकू से गोदकर हत्या की गईभाजपा नेता राजकुमार चौहान की हत्या धारदार हथियार से कई वार कर की गई थी। पोस्टमॉर्टम करने वाले डॉक्टर ने भी यह दावा किया है। उधर, पुलिस ने हत्याकांड में शामिल 2 आरोपियों राज चौहान और विपिन यादव को बुधवार को कोर्ट में पेश किया। वहां से दोनों आरोपियों को जेल भेज दिया गया है। पुलिस अभी तक हत्या में इस्तेमाल हथियार बरामद नहीं कर सकी है। भाजपा नेता को 2 हमलावरों ने घेरकर ताबड़तोड़ चाकू मारेगोरखपुर के भाजपा नेता और पूर्व पार्षद राजकुमार चौहान (38) की 17 मार्च (मंगलवार) की सुबह करीब 5 बजे हत्या की गई थी। वह मॉर्निंग वॉक के लिए घर से निकले थे। करीब आधे घंटे बाद उनकी हत्या की सूचना मिली। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, घर से 500 मीटर दूर 2 हमलावरों ने उन्हें घेर लिया। जब तक वह कुछ समझ पाते, उन पर चाकू से हमला कर दिया। चाकू लगने के बाद वे खुद को बचाकर भागे, लेकिन हमलावरों ने दौड़ाकर उन्हें पकड़ लिया। करीब 100 मीटर दूर उन्हें पकड़कर ताबड़तोड़ चाकू से वार किए। उनके सिर, सीने और चेहरे पर 11 बार चाकू मारे गए। हमलावर कुछ देर तक वहीं रुककर उनके मरने का इंतजार करते रहे। तसल्ली होने के बाद वहां से भाग गए। सूचना मिलते ही भाजपा नेता के घरवाले पहुंचे और उन्हें बीआरडी मेडिकल कॉलेज ले गए, जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। मौत की सूचना मिलते ही पत्नी सुशीला बेहोश हो गईं। बहन मोहनी ने कहा था- जान के बदले जान चाहिए। परिवार कौन चलाएगा? भतीजी को सरकारी नौकरी मिलनी चाहिए। वारदात से जुड़ी 2 तस्वीरें देखिए- भीड़ का हंगामा, पुलिस ने लाठी फटकार कर हटायावारदात के बाद 500 से ज्यादा लोग जुट गए और गोरखपुर-सोनौली रोड जाम कर हंगामा किया। सूचना पर 10 थानों की फोर्स पहुंची और लोगों को लाठी फटकार कर हटाया। पोस्टमार्टम के बाद शाम करीब 5 बजे शव घर पहुंचा, जिसके बाद परिजन अपनी मांगों पर अड़ गए। सांसद बोले- हत्यारों को बचाने वालों को राज्यसभा में नंगा कर दूंगाराज्यसभा सदस्य डॉ. राधा मोहन अग्रवाल और कैबिनेट मंत्री दारा सिंह चौहान के समझाने पर परिवार मान गया। देर रात मोहरीपुर के पास घाट पर दाह संस्कार किया गया। इस दौरान करीब 2000 से अधिक लोग मौजूद थे। डॉ. अग्रवाल ने कहा-पार्लियामेंट छोड़कर आया हूं, जो इस हत्याकांड के आरोपियों को बचाने आएगा, उसे राज्यसभा में नंगा कर दूंगा। भाजपा ने विधानसभा का टिकट मांग रहे थे भाजपा नेताराजकुमार चौहान बरगदवा इलाके में रहने वाले जंगी चौहान के इकलौते बेटे थे। उनकी 18 साल पहले शादी हुई थी। उनकी 2 बेटियां- सोनम (17) और प्रियंका (13) हैं, जबकि 12 साल का बेटा युवराज है। उनकी 4 बहनें हैं, जिनकी शादी हो चुकी है। बताया जा रहा है कि ओबीसी समुदाय से आने वाले राजकुमार 2027 में बस्ती से विधानसभा चुनाव लड़ने की तैयारी कर रहे थे। वह भाजपा से टिकट मांग कर रहे थे। राजकुमार साल- 2018 से 2023 तक पार्षद प्रतिनिधि रहे। उन्होंने अपने ड्राइवर वीरेंद्र चौहान की पत्नी रिंकी देवी को पार्षद बनवाया था। बाद में रिंकी देवी ने भाजपा को समर्थन दे दिया था। एक साल पहले राजकुमार मारपीट के मामले में जेल भी गए थे। राजकुमार ने फेसबुक पर 18 घंटे पहले पोस्ट किया था राजकुमार चौहान के फेसबुक पर 40K फॉलोअर्स हैं, जबकि वे 25 लोगों को फॉलो करते थे। उन्होंने 16 मार्च को सुबह 11 बजकर 5 मिनट पर आखिरी पोस्ट की थी। इसमें लिखा-अकेले चलने का हुनर रखता हूं, दिल और जिगर दोनों मजबूत रखता हूं। एक अन्य पोस्ट में उन्होंने अपने पिता के लिए लिखा था-पिता एक वट वृक्ष हैं, जो अपनी छांव में पूरे परिवार को सुरक्षित रखते हैं। 5 दिन पहले राज्यसभा सांसद के साथ रील पोस्ट की थीराजकुमार ने 5 दिन पहले राज्यसभा सांसद राधामोहन अग्रवाल के साथ एक रील पोस्ट की थी। इसमें लिखा था- हमारे प्रिय गुरुजी, राज्यसभा सांसद जी। इससे पहले 9 मार्च को उन्होंने कैबिनेट मंत्री दारा सिंह चौहान के साथ भी एक रील पोस्ट की थी। 16 मार्च को लाइव आए थे राजकुमार चौहानराजकुमार चौहान 16 मार्च को फेसबुक पर लाइव आए थे। वह 28 मिनट तक लाइव रहे। इस दौरान उन्होंने कहा- आप सभी साथियों को जय-जय श्रीराम। लाइव के दौरान एक युवक ने सवाल किया था- चौहानों में एकता नहीं है। इस पर उन्होंने जवाब दिया- ऐसा कुछ नहीं है, आपके साथ जो भी किसी जाति के लोग हों, वही अपने हैं। -------------------- ये खबरें भी पढ़ें- 1- आगे बढ़ता देखकर जलते थे, गांव में ही दुश्मन थे:पूर्व पार्षद राजकुमार की पत्नी का आरोप; कहा- अब हम कैसे रहेंगे पूर्व पार्षद राजकुमार चौहान की हत्या के बाद उनकी पत्नी सुशीला चौहान का रो-रो कर बुरा हाल है। वह सड़क पर बैठी रो रही हैं और परिवार की महिलाएं उन्हें संभालने में जुटी हैं। सुशीला ने बताया कि राजकुमार को आगे बढ़ता देखकर गांव के ही कुछ लोग जलते थे। इसी जलन में उन्होंने उनकी हत्या की है। पढ़ें पूरी खबर 2- BJP नेता का हत्या से पहले फेसबुक पर आखिरी पोस्ट, लिखा- अकेले चलने का हुनर रखता हूं, दिल और जिगर दोनों मजबूत रखता हूं गोरखपुर में मॉर्निंग वॉक पर निकले BJP नेता की हत्या कर दी गई। हमले के बाद पूर्व पार्षद राजकुमार चौहान करीब 100 मीटर तक भागे, लेकिन हमलावरों ने पीछा कर दोबारा हमला किया और मरने के बाद वहां से भागे। हत्या से18 घंटे पहले राजकुमार चौहान फेसबुक पर आखिरी पोस्ट किया। लिखा- अकेले चलने का हुनर रखता हूं, दिल और जिगर दोनों मजबूत रखता हूं। पढ़ें पूरी खबर
मध्य प्रदेश की व्यावसायिक राजधानी इंदौर के उभरते स्टार्टअप इकोसिस्टम और फैशन जगत के सितारों ने एक ही मंच पर अपनी मौजूदगी दर्ज कराई। मौका था 'ऑर्बोसिस स्टार्टअप अवार्ड्स 2026' और 'फेलिना फैशन शो' के आयोजन का, जहां सफलता की कहानियों के साथ-साथ नारी शक्ति का अनूठा संगम देखने को मिला। इस फ्यूजन इवेंट ने न केवल सफल उद्यमियों के जज्बे को सलाम किया, बल्कि आधुनिक कला और महिला सशक्तिकरण को एक नई ऊंचाई दी। समारोह के मुख्य अतिथि और मोशन जिलिटी प्राइवेट लिमिटेड के फाउंडर हिमांशु चतुर्वेदी ने इंदौर के स्टार्टअप इकोसिस्टम की सराहना करते हुए कहा कि शहर के युवाओं की ऊर्जा और नए आइडियाज अद्भुत हैं। चतुर्वेदी ने कहा कि यहां जिन 30 प्रतिष्ठित स्टार्टअप्स को सम्मानित किया गया है, उन्होंने न केवल अपनी विशेषज्ञता साबित की है बल्कि 'आत्मनिर्भर भारत' के सपने को साकार करने की दिशा में प्रदेश का नाम पूरे देश में रोशन किया है। थीम महिला सशक्तिकरण पर केंद्रित इवेंट के दूसरे बड़े आकर्षण 'फेलिना फैशन शो' के बारे में जानकारी देते हुए फैशन डायरेक्टर पल्लवी प्रजापत ने बताया कि अपने 5वें सफल एडिशन के साथ इस बार शो की थीम पूरी तरह महिला सशक्तिकरण पर केंद्रित रही। इस दौरान रैंप पर 70 प्रोफेशनल मॉडल्स के साथ-साथ 20 से अधिक ऐसी महिलाएं भी उतरीं जो पहली बार किसी मंच का हिस्सा बनी थीं। इसके साथ ही ऑर्बोसिस ने सरकारी कॉलेज के छात्रों और नए फैशन डिजाइनर्स को भी अपनी कला प्रदर्शित करने के लिए नेशनल प्लेटफॉर्म मुहैया कराया, जिससे उन्हें भविष्य में बड़ी पहचान मिल सके। 50 से अधिक स्टार्टअप्स ने नामांकन कराया इस आयोजन के लिए शहर के 50 से अधिक ऊर्जावान स्टार्टअप्स ने नामांकन कराया था, जिनमें से कड़ी चयन प्रक्रिया के बाद 30 उत्कृष्ट स्टार्टअप्स का चुनाव किया गया। नवाचार और बेहतर प्रदर्शन के आधार पर सम्मानित हुए इन स्टार्टअप्स के साथ ही करीब 20 से अधिक मीडिया हाउस इस ऐतिहासिक पल के गवाह बने। कार्यक्रम के अंत में आयोजन समिति ने इंदौर के स्टार्टअप कल्चर को वैश्विक स्तर पर ले जाने के संकल्प को दोहराया।
मध्य प्रदेश में राजनीतिक नियुक्तियों का सिलसिला जारी है। राज्य सरकार ने तीन अहम नियुक्तियां करते हुए रेखा यादव को राज्य महिला आयोग का अध्यक्ष और साधना स्थापक को सदस्य बनाया है। महिला आयोग को छह साल बाद अध्यक्ष मिली हैं। वहीं, रवि मालवीय को पिछड़ा वर्ग एवं अल्पसंख्यक वित्त विकास निगम का अध्यक्ष नियुक्त किया गया है। महिला आयोग में कोरम अधूरा अध्यक्ष और एक सदस्य की नियुक्ति के बाद भी महिला आयोग की बेंच का कोरम अधूरा ही है। महिला आयोग में कुल 6 पद हैं, जिनमें से 1 एक अध्यक्ष और 5 सदस्यों के पद हैं। इस लिहाज से आयोग में अभी सदस्यों के 4 पद खाली हैं। समीक्षा का नाम होल्ड पर ग्वालियर की पूर्व महापौर साधना गुप्ता को सदस्य बनाया जा रहा था लेकिन, ग्वालियर से नियुक्तियों की संख्या ज्यादा होने और मंत्री नारायण कुशवाह के अंदरूनी तौर पर विरोध के चलते फिलहाल उनका नाम होल्ड कर दिया गया है। अब महिला आयोग में जल्द ही एक और सदस्य की नियुक्ति होने की संभावना हैं। आयोगों में हो चुकीं इनकी नियुक्तियां निगमों में नियुक्तियां बोर्ड में नियुक्तियां समिति, मंडल में नियुक्तियां
उत्तर प्रदेश शासन ने प्रशासनिक फेरबदल करते हुए मऊ जनपद को नया जिलाधिकारी नियुक्त किया है। गोरखपुर विकास प्राधिकरण (GDA) के उपाध्यक्ष रहे आईएएस आनंद वर्धन को मऊ की कमान सौंपी गई है। वर्तमान जिलाधिकारी प्रवीण मिश्रा का तबादला प्रदेश मुख्यालय कर दिया गया है। शासन द्वारा जारी आदेश के अनुसार, 2017 बैच के आईएएस अधिकारी आनंद वर्धन मऊ के नए जिलाधिकारी होंगे। इससे पहले वे 6 सितंबर 2023 से गोरखपुर विकास प्राधिकरण में उपाध्यक्ष के पद पर कार्यरत थे। उन्होंने नोएडा मेट्रो रेल कॉरपोरेशन (NMRC) में अपर मुख्य कार्यपालक अधिकारी (ACEO) के रूप में भी सेवाएं दी हैं। वहीं, मऊ के जिलाधिकारी रहे 2012 बैच के आईएएस प्रवीण मिश्रा का तबादला प्रदेश मुख्यालय में विशेष सचिव, समाज कल्याण विभाग एवं अनुसूचित जाति-जनजाति आयोग के पद पर किया गया है। प्रवीण मिश्रा ने जनवरी 2024 के अंत में मऊ के जिलाधिकारी का कार्यभार संभाला था। इससे पूर्व वे बिजनौर में मुख्य विकास अधिकारी (CDO) और नमामि गंगे परियोजना से भी जुड़े रहे हैं। सूत्रों के अनुसार, प्रवीण मिश्रा के कार्यकाल के दौरान मऊ में प्रशासनिक कार्यप्रणाली को लेकर कई सवाल उठे थे। विकास कार्यों में अपेक्षित गति और निगरानी की कमी को लेकर चर्चाएं रहीं। राजस्व मामलों के निस्तारण और जनसुनवाई में सुस्ती के कारण आमजन में असंतोष देखा गया। तमसा नदी की सफाई और अन्य विकास परियोजनाओं में भी अपेक्षित परिणाम सामने नहीं आ सके थे। बताया जा रहा है कि शासन स्तर पर उनके कार्यों को लेकर फीडबैक लिया गया था, जिसके बाद यह प्रशासनिक बदलाव किया गया। हालांकि स्थानीय स्तर पर कोई बड़ा विरोध नहीं हुआ, लेकिन आंतरिक रिपोर्टों और शिकायतों के आधार पर यह निर्णय लिया गया।
उत्तर प्रदेश में देर रात हुए बड़े प्रशासनिक फेरबदल में 38 आईएएस अधिकारियों के तबादले किए गए। इसी क्रम में पीसीएस से आईएएस बने दयानंद प्रसाद को गोंडा का नया मुख्य विकास अधिकारी (CDO) नियुक्त किया गया है। प्रशासनिक बदलाव के तहत दयानंद प्रसाद को गोंडा का नया मुख्य विकास अधिकारी (CDO) बनाया गया है। वह इससे पहले प्रयागराज में माघ मेला के अपर मेला अधिकारी के पद पर तैनात थे। माघ मेले के सफल आयोजन में अहम भूमिका निभाने के बाद उन्हें यह नई जिम्मेदारी सौंपी गई है। दयानंद प्रसाद 2008 बैच के पीसीएस अधिकारी रहे हैं, जिन्हें हाल ही में आईएएस संवर्ग में पदोन्नत किया गया। गोंडा की निवर्तमान सीडीओ अंकिता जैन 2 मई से मातृत्व अवकाश पर चली गई हैं। उन्होंने करीब 618 दिनों तक इस पद पर कार्य किया और इस दौरान जिले में कई महत्वपूर्ण विकास कार्य कराए। अंकिता जैन के अवकाश पर जाने के बाद सीडीओ का अतिरिक्त प्रभार जिला विकास अधिकारी को दिया गया था। अब दयानंद प्रसाद सोमवार, 4 मई या मंगलवार, 5 मई को गोंडा पहुंचकर अपना कार्यभार ग्रहण करेंगे। जिलाधिकारी प्रियंका निरंजन ने बताया कि मातृत्व अवकाश के कारण नए सीडीओ की तैनाती के लिए शासन को प्रस्ताव भेजा गया था, जिसके आधार पर यह नियुक्ति की गई है। प्रशासनिक हलकों में दयानंद प्रसाद को तेज-तर्रार अधिकारी माना जाता है और उनके कार्यकाल से गोंडा में विकास कार्यों को नई गति मिलने की उम्मीद जताई जा रही है।
लखनऊ के विभूतिखंड स्थित पार्श्वनाथ प्लाजा में रविवार देर शाम एक निजी कंपनी की 22 वर्षीय टेलीकॉलर ने 11वीं मंजिल से छलांग लगा दी। नीचे पहले तल पर बने टीन शेड से टकराने के बाद वह फर्श पर ॉगिरी। गंभीर हालत में उसे डॉ. राम मनोहर लोहिया संस्थान में भर्ती कराया गया है, जहां उसकी हालत नाजुक बनी हुई है। घटना के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई। सूचना मिलते ही एसीपी विभूतिखंड विनय कुमार द्विवेदी और इंस्पेक्टर अमर सिंह पुलिस टीम के साथ पहुंचे और घटनास्थल का निरीक्षण किया। पुलिस ने कंपनी के कर्मचारियों और अधिकारियों से पूछताछ भी की। वॉशरूम जाने की बात कहकर गई थी पुलिस के मुताबिक, युवती की पहचान शिवांशी पाल के रूप में हुई है। वह रायबरेली के अजयनगर कमलापुर की रहने वाली है और लखनऊ में अपनी बहन के साथ खरगापुर इलाके में किराये के कमरे में रहती है। शिवांशी पार्श्वनाथ प्लाजा की 11वीं मंजिल पर स्थित वोडाफोन एडब्ल्यूएस ऑफिस में टेलीकॉलर के पद पर काम करती है। सहकर्मियों ने पुलिस को बताया कि रविवार शाम करीब 7:15 बजे शिवांशी वॉशरूम जाने की बात कहकर ऑफिस से निकली थी। कुछ देर बाद उसने वॉशरूम की खिड़की खोलकर छलांग लगा दी। पहले तल पर लगे टीन शेड से टकराने के कारण उसकी जान बच गई, लेकिन वह गंभीर रूप से घायल हो गई। कुछ समय से बीमार चल रही थी घटना के बाद बिल्डिंग के सुरक्षा कर्मियों ने तुरंत पुलिस कंट्रोल रूम को सूचना दी। पुलिस और एंबुलेंस मौके पर पहुंची और घायल युवती को लोहिया संस्थान पहुंचाया गया। पुलिस ने युवती के पिता राम प्रकाश पाल और अन्य परिजनों को घटना की जानकारी दे दी है। उसकी बहन भी अस्पताल पहुंच गई है। फिलहाल, परिवार ने किसी तरह का आरोप लगाने से इन्कार किया है। प्रारंभिक जांच में आत्महत्या के प्रयास के पीछे की वजह साफ नहीं हो सकी है। पुलिस युवती के मोबाइल की कॉल डिटेल और अन्य पहलुओं की जांच कर रही है। बहन के मुताबिक, शिवांशी पिछले कुछ समय से बीमार चल रही थी।
ग्रेटर नोएडा के थाना बीटा-2 क्षेत्र में रविवार को पुलिस और बदमाशों के बीच मुठभेड़ हो गई। इस दौरान पुलिस ने एक शातिर चेन स्नैचर को गिरफ्तार किया है। जवाबी फायरिंग में बदमाश के पैर में गोली लगी, जबकि उसका दूसरा साथी अंधेरे का फायदा उठाकर मौके से फरार हो गया। पुलिस के अनुसार, बीटा-2 थाना पुलिस टीम ओमेक्स गोलचक्कर के पास संदिग्ध वाहनों की चेकिंग कर रही थी। इसी दौरान एक अपाचे मोटरसाइकिल पर दो संदिग्ध व्यक्ति आते दिखाई दिए। पुलिस ने उन्हें रुकने का इशारा किया, लेकिन बदमाशों ने भागने का प्रयास किया और पुलिस टीम पर जान से मारने की नीयत से फायरिंग शुरू कर दी। आत्मरक्षा में की गई कार्रवाई के दौरान एक बदमाश गोली लगने से घायल होकर गिर पड़ा। उसकी पहचान सोनू श्रीवास्तव के रूप में हुई है, जो वर्तमान में भंगेल क्षेत्र में रह रहा था। पुलिस ने उसके पास से एक अवैध तमंचा, कारतूस, चोरी की मोटरसाइकिल और लूटी गई सोने की चेन बरामद की है। जांच में सामने आया है कि गिरफ्तार बदमाश एक शातिर अपराधी है। उसने बीते 11 अप्रैल को जगतफार्म मार्केट से एक महिला से चेन लूटी थी। अभियुक्त पर गैंगस्टर एक्ट सहित चोरी और लूट के दर्जनों मुकदमे दर्ज हैं। फरार हुए दूसरे बदमाश की तलाश में पुलिस द्वारा कॉम्बिंग की जा रही है। एडीसीपी ग्रेटर नोएडा सुधीर कुमार ने बताया कि यह शातिर किस्म का लुटेरा है। इसने कुछ दिन पहले ग्रेटर नोएडा के जगतफार्म मार्केट से एक महिला की चेन लूटी थी। अभियुक्त पर करीब एक दर्जन से ज्यादा मुकदमे दर्ज हैं। पुलिस उसके दूसरे साथी को पकड़ने के लिए कॉम्बिंग कर रही है और यह भी पता लगाया जा रहा है कि इन लुटेरों के साथ और कौन-कौन लोग जुड़े हुए हैं।
ग्रेटर नोएडा में 17 शराब तस्कर गिरफ्तार:2387 लीटर अवैध शराब बरामद, 180 लोगों के खिलाफ हुई कार्रवाई
ग्रेटर नोएडा जोन में अवैध शराब की तस्करी और सार्वजनिक स्थानों पर शराब पीने वालों के खिलाफ चलाए गए 15 दिवसीय विशेष अभियान में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। इस दौरान 17 तस्करों को गिरफ्तार किया गया और 2387 लीटर अवैध शराब बरामद की गई। वहीं, सार्वजनिक स्थानों पर शराब पीने वाले 180 लोगों के खिलाफ भी कार्रवाई की गई है। पुलिस के अनुसार, अभियान के दौरान कुल 17 मुकदमे दर्ज किए गए। इन मामलों में अवैध शराब की तस्करी में शामिल 17 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। उनके कब्जे से भारी मात्रा में शराब बरामद की गई। सार्वजनिक स्थानों पर शराब पीने वालों पर भी शिकंजाइसके अलावा, पुलिस ने सार्वजनिक स्थानों पर शराब का सेवन करने वाले 180 व्यक्तियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 292 और भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (बीएनएसएस) की धारा 170 के तहत कानूनी कार्रवाई की है। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि अवैध शराब की तस्करी और सार्वजनिक स्थानों पर शराब पीने वालों के खिलाफ यह अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा, ताकि कानून-व्यवस्था बनी रहे और ऐसे मामलों पर अंकुश लगाया जा सके।
नवजात के शव से नाल जुड़ी थी। उसमें अस्पताल में लगाई जाने वाली पिन भी लगी थी। पुलिस जन्म के दौरान ही मौत की आशंका जता रही है। साथ ही आसपास के अस्पतालों के बारे में भी जानकारी जुटा रही है। जन्म के कुछ देर बाद ही ममता का गला घोंटकर एक मां ने नवजात को डिब्बे में भरकर नाले में फेंक दिया। कसूर इतना था कि वो बेटी थी। सूखे नाले में गिरने से प्लास्टिक के डिब्बे का ढक्कन खुल गया और धड़ बाहर आ गया। कुत्ते शव को बाहर खींचने लगे तो लोगों ने देखा। अपनों की दुत्कार पाई नवजात के शव को भी सम्मान नहीं मिला। सूचना पर पहुंची दो थानों की पुलिस ने सीमा विवाद में उलझकर इंसानियत को शर्मसार कर दिया। करीब दो घंटे तक शव नाले में ही पड़ा रहा। अंत में कोतवाली थाना पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा। शव को नोंच रहे थे कुत्तेयूपी के आगरा स्थित फ्रीगंज के नीम दरवाजा क्षेत्र में रेलवे पुल के पास सूखे पड़े नाले में रविवार शाम चार बजे लोगों ने एक प्लास्टिक के डिब्बे से आधा बाहर निकला नवजात का शव देखा। कुत्ते शव को खींच रहे थे। मौके पर भीड़ जुट गई। कोई मृत होने के कारण तो कोई जीवित ही नवजात को फेंके जाने की बात कर रहा था। घटना से लोगों में आक्रोश फैल गया। दो घंटे सीमा विवाद में उलझी रही पुलिससूचना मिलने पर थाना छत्ता की गुदड़ी मंसूर खां और कोतवाली थाना के पॉय चौकी की पुलिस पहुंच गई। दोनों थानों की पुलिस घटनास्थल अपने कार्यक्षेत्र में नहीं होने की बात कहकर पल्ला झाड़ रही थी। करीब दो घंटे बाद जब मामला अधिकारियों तक पहुंचा तो कोतवाली पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा। बच्ची का है शवथाना प्रभारी कोतवाली भानु प्रताप ने बताया कि सूचना मिलने पर पुलिस टीम को मौके पर भेजा गया था। शव नवजात बच्ची का है। पोस्टमार्टम के बाद ही मौत का कारण स्पष्ट हो सकेगा। जिस जगह शव मिला वहां से थोड़ी दूरी पर हरीपर्वत, कोतवाली और छत्ता थाने की सीमा लगती है। लोगों को भी घटनास्थल की सही जानकारी नहीं थी। इसके कारण छत्ता थाना को सूचना दे दी। नहीं काटी गई थी नालनवजात के शव से नाल जुड़ी थी। उसमें अस्पताल में लगाई जाने वाली पिन भी लगी थी। पुलिस जन्म के दौरान ही मौत की आशंका जता रही है। साथ ही आसपास के अस्पतालों के बारे में भी जानकारी जुटा रही है।
संभल डीएम को 17 बार फोन करने वाले युवक को पुलिस ने गिरफ्तार किया। इसके बाद शांतिभंग में चालान कर कोर्ट में पेश किया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया। युवक मानसिक रूप से बीमार बताया जा रहा है। मामला जनपद हयातनगर थाना क्षेत्र का है। उपनगरी सरायतरीन के मोहल्ला नवाबखेल कच्चा बाजार के रहने वाले एजाज का बेटा अराफात को रविवार को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया, आरोप है कि उसने कल 2 मई को पूरे दिन में डीएम को 17 बार फोन किया और तरह-तरह की बातें करके परेशान करता रहा। पुलिस ने गिरफ्तारी के बाद जिला संयुक्त चिकित्सालय में मेडिकल कराया, इसके बाद उसे सिटी मजिस्ट्रेट न्यायालय में पेश किया गया, जहां पुलिस की शांतिभंग की रिपोर्ट का संज्ञान लेते हुए मजिस्ट्रेट सुधीर कुमार ने 14 दिन के लिए जेल भेज दिया। डीएम को फोन कर बोला- डीएम साहब ठीक होअराफात ने कहा कि मैंने तो बस डीएम साहब को कॉल किया था, इतना ही तो कहा कि ‘डीएम साहब ठीक हो। पर पता नहीं वो किस बात पे नाराज हो गए और मुझे जेल भिजवा रहे हैं। मुझे क्या पता था कि हाल-चाल पूछने की इतनी बड़ी सजा मिलेगी। वो मुझे पागल खाने भी भेज रहें हैं, पहले भी एक बार भेज चुके हैं। आरोपी बोला- मैंने तो मजे-मजे में फोन कियामैं तो बस मजे-मजे में कॉल कर लिया था, उन्होंने मेरी एक न सुनी। मैंने उनसे ये भी पूछा था कि ‘आप मुझे कोई सजा तो नहीं दोगे?’ उन्होंने तो कह दिया था कि ‘नहीं देंगे’ पर अब देखो, पुलिस मुझे पकड़ के ले जा रही है, जेल भेज रहें है। जियाउर्रहमान बर्क के कार्यक्रम में पढ़ी थी शायरी2 मई को संभल के थाना नखासा क्षेत्र में एक कार्यक्रम का आयोजन हुआ था जिसके मुख्य अतिथि संभल के सपा सांसद जियाउर्रहमान बर्क थे, काफी लोग उसे कार्यक्रम में मंच पर संसद के साथ मौजूद थे। इस दौरान अराफात ने शायरी पढ़ी थी।
गोरखपुर के सेंट पॉल्स स्कूल में रविवार को देर शाम “अराउंड द वर्ल्ड इन अ डे” कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में गोरखपुर मंडल के आयुक्त अनिल धिंगरा (आईएएस) मुख्य अतिथि के रूप में मौजूद रहे। उन्होंने आयोजन की सराहना करते हुए विद्यार्थियों और शिक्षकों के प्रयासों को सराहा। कार्यक्रम की शुरुआत परिचयात्मक वीडियो से हुई, जिसके बाद छात्रों ने भव्य परेड प्रस्तुत की। परेड के माध्यम से “एकता में विविधता” का संदेश दिया गया। पूरे कार्यक्रम का संचालन विद्यार्थियों ने किया, जिससे मंच संचालन में आत्मविश्वास और उत्साह देखने को मिला। 10 देशों की संस्कृति पर आधारित नृत्य ने मोहा मन कार्यक्रम में नेपाल, इटली, यूएई, फ्रेंच पॉलिनेशिया, नॉर्वे, कोलंबिया, जॉर्जिया, मैक्सिको, ग्रीस और दक्षिण कोरिया की संस्कृति पर आधारित नृत्य प्रस्तुत किए गए। रंग-बिरंगी वेशभूषा और संगीत के साथ प्रस्तुतियों ने दर्शकों को बांधे रखा। विद्यालय परिसर में विभिन्न देशों के स्टॉल लगाए गए, जहां विद्यार्थियों और निर्णायकों ने भ्रमण कर अलग-अलग संस्कृतियों, परंपराओं और खानपान के बारे में जानकारी ली। यह गतिविधि दर्शकों के लिए आकर्षण का केंद्र रही। ‘यूनिटी डांस’ ने दिया वैश्विक एकता का संदेश अंतराल के बाद छात्रों ने “यूनिटी डांस” प्रस्तुत किया, जिसमें विश्व एकता और सौहार्द का संदेश दिया गया। प्रस्तुति को दर्शकों ने सराहा। कार्यक्रम के अंत में कार्यकारी प्रधानाचार्य डॉ. अमरीश चंद्रा ने प्रतियोगिता के परिणाम घोषित किए। निर्णायकों द्वारा विजेताओं को पुरस्कार वितरित किए गए और सभी निर्णायकों को स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित किया गया। कार्यक्रम का समापन राष्ट्रगान के साथ हुआ। आयोजन में विद्यार्थियों की सक्रिय भागीदारी और शिक्षकों के समन्वय की सराहना की गई।
मथुरा में रविवार को श्री परशुराम शोभा समिति के तत्वावधान में भगवान परशुराम की भव्य शोभायात्रा निकाली गई। शोभायात्रा का शुभारंभ कच्ची सड़क स्थित बाटी वाली कुंज से विधिवत पूजा-अर्चना और हवन के साथ हुआ। इस दौरान भगवान परशुराम के चित्र पर माल्यार्पण कर आशीर्वाद लिया गया। यह शोभायात्रा चौक बाजार, डोरी बाजार, छत्ता बाजार, होली गेट और भरतपुर गेट सहित शहर के प्रमुख मार्गों से होकर गुजरी। विभिन्न स्थानों पर श्रद्धालुओं ने पुष्प वर्षा कर यात्रा का स्वागत किया। स्थानीय लोगों ने शरबत और जलपान की व्यवस्था भी की, जिससे यात्रा में शामिल लोगों को राहत मिली। महिलाओं-युवाओं की खास भागीदारीशोभायात्रा में मथुरा जनपद के विप्रबंधुओं के साथ अन्य जिलों से भी बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल हुए। महिलाओं और युवाओं की भागीदारी विशेष रूप से देखने को मिली। युवाओं के हाथों में फरसा और अन्य धार्मिक प्रतीक शोभा बढ़ा रहे थे। जय परशुराम के जयघोष और बैंड-बाजों की धुन पर श्रद्धालु उत्साह के साथ आगे बढ़ते रहे। यात्रा का मुख्य आकर्षण भगवान परशुराम की सजीव झांकी रही। इसके अलावा कई अन्य आकर्षक झांकियां भी निकाली गईं, जिन्होंने लोगों का मन मोह लिया। प्रमुख हस्तियां रहीं मौजूदशोभा समिति के अध्यक्ष रामगोपाल शर्मा ने बताया कि हर वर्ष की तरह इस बार भी शोभायात्रा को भव्य रूप दिया गया है, जिसमें समाज के सभी वर्गों की भागीदारी रही। इस अवसर पर पूर्व ऊर्जा मंत्री एवं मथुरा विधायक श्रीकांत शर्मा, कथा वाचक देवकीनंदन ठाकुर और मृदुल कृष्ण शास्त्री सहित कई गणमान्य लोग मौजूद रहे। शोभायात्रा के दौरान सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए थे। बड़ी संख्या में पुलिस बल तैनात रहा और पूरी यात्रा के साथ मौजूद रहकर व्यवस्था संभाली। श्रद्धा, उत्साह और अनुशासन के साथ संपन्न हुई यह शोभायात्रा शहर में आकर्षण का केंद्र बनी रही।
मथुरा के होटल में युवक ने जहर खाकर दी जान:दिल्ली में करता था नौकरी, फॉरेंसिक टीम ने जुटाए साक्ष्य
मथुरा के थाना जमुनापार क्षेत्र के पानीगांव स्थित एक होटल में ठहरे युवक ने संदिग्ध परिस्थितियों में विषाक्त पदार्थ का सेवन कर आत्महत्या कर ली। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और कमरे का दरवाजा खुलवाकर शव को कब्जे में ले लिया। मामले की गंभीरता को देखते हुए फॉरेंसिक टीम को भी बुलाया गया, जिसने घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण कर साक्ष्य एकत्र किए। मृतक की पहचान पटना (बिहार) निवासी उदई कुमार पुत्र अर्जुन सिंह के रूप में हुई है। वह दिल्ली में एक निजी कंपनी में कार्यरत था और दो दिन पहले ही पानीगांव के इस होटल में ठहरा था। होटल कर्मचारियों के अनुसार, घटना वाले दिन काफी देर तक कमरे का दरवाजा नहीं खुला। कई बार आवाज देने पर भी कोई प्रतिक्रिया नहीं मिली, जिसके बाद मैनेजर को संदेह हुआ और पुलिस को सूचना दी गई। प्राथमिक जांच में जहर खाने की आशंकापुलिस ने मौके पर पहुंचकर दरवाजा खुलवाया तो युवक कमरे में मृत अवस्था में मिला। प्राथमिक जांच में सामने आया है कि युवक ने किसी विषैले पदार्थ का सेवन किया था। हालांकि, इसकी पुष्टि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही हो सकेगी। फॉरेंसिक टीम ने कमरे से संदिग्ध पदार्थों के नमूने और अन्य साक्ष्य एकत्र किए हैं। परिजन पहुंचे, कारणों की जांच जारीपुलिस ने शव का पंचनामा भरकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। घटना की सूचना मिलते ही मृतक के परिजन भी मथुरा पहुंच गए। फिलहाल, आत्महत्या के पीछे के कारण स्पष्ट नहीं हो सके हैं। पुलिस पूरे मामले की गहनता से जांच कर रही है और सभी पहलुओं पर पड़ताल जारी है।
बदायूं में रविवार देर रात एक युवक की हत्या कर दी गई। घटना 200 रुपए के लेनदेन को लेकर हुए विवाद के बाद हुई। हमलावरों ने लोहे की जंजीर में बंधे ताले से युवक पर हमला किया, जिससे उसकी मौत हो गई। पुलिस ने शव को मोर्चरी में रखवा दिया है और आरोपियों की तलाश जारी है। घटना सदर कोतवाली इलाके के मोहल्ला कबूलपुरा की है। यहां लड्डन की टाल के पास रहने वाला 30 वर्षीय शाहिद पेशे से पेंटर था। उसके चचेरे भाई ने पुलिस को बताया कि इलाके में ही आबिद की चक्की के पास वाली गली में रहने वाले नईम और वासिफ से उसका 200 रुपए को लेकर विवाद चल रहा था। लोहे की चेन में बंधा ताला उठाकर माराशाहिद पर आरोपियों के 500 रुपए उधार थे, जिनमें से वह 300 रुपए पहले ही दे चुका था। रविवार रात करीब 10:30 बजे आरोपियों ने मोहल्ले में ही उससे बाकी 200 रुपए मांगे। इसी बात पर दोनों पक्षों के बीच कहासुनी शुरू हो गई, जो जल्द ही बड़े विवाद में बदल गई। विवाद बढ़ने पर नईम ने पास ही पड़ा लोहे की चेन में बंधा ताला उठाकर शाहिद पर मार दिया। ताला उसकी गर्दन के निचले हिस्से में लगा, जिससे वह हिचकियां लेने लगा और कुछ देर तड़पने के बाद उसकी मौत हो गई। हमलावर मौके से फरार हो गए। आरोपियों की तलाश में जुटी पुलिससूचना मिलने पर एसपी सिटी अभिषेक सिंह, सीओ सिटी रजनीश उपाध्याय और एसएचओ कोतवाली संजय कुमार मौके पर पहुंचे। पुलिस शाहिद को अस्पताल ले गई, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया और शव को मोर्चरी में रखवा दिया। एसपी सिटी ने बताया कि नामजद आरोपियों की तलाश की जा रही है और कुछ संदिग्धों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। तहरीर के आधार पर मुकदमा दर्ज किया जाएगा।
योगी सरकार ने रविवार रात 38 आईएएस अधिकारियों के ट्रांसफर कर दिए। 8 जिलों के जिलाधिकारी और 5 जगहों पर मुख्य विकास अधिकारी बदले गए हैं। 20 अप्रैल को आईएएस पद से कंडीशनल इस्तीफा वापस लेने वाले रिंकू सिंह राही को पोस्टिंग दी गई है। उन्हें जालौन में संयुक्त मजिस्ट्रेट बनाया गया है। 44 साल के रिंकू सिंह राही 2021 बैच के IAS अधिकारी हैं। उनकी सेवा के अभी 16 साल बाकी हैं। 9 महीने पहले उन्हें शाहजहांपुर से हटाकर राजस्व परिषद भेजा गया था। तब से उन्हें कोई फील्ड पोस्टिंग नहीं दी गई थी। वकीलों के सामने उठक-बैठक करने पर शाहजहांपुर पुवायां तहसील से हटाया गया था। वहां वह SDM थे। आईएएस रमेश रंजन को फिरोजाबाद डीएम के पद से हटा दिया गया है। उन्हें राजस्व परिषद में भेजा गया है। टूंडला की तहसीलदार रहीं राखी शर्मा ने रमेश रंजन पर रिश्वत में 1.75 लाख का आईफोन, आईवॉच लेने और शोषण करने का आरोप लगाया था। किसे कहां भेजा गया, जानिए… पहले डीएम की बात… अब ट्रांसफर की वजह भी जानिए… अब 30 अधिकारियों के ट्रांसफर लिस्ट देखिए… ……………………..
गोरखपुर के तुर्कमानपुर और नौरंगाबाद में धार्मिक कार्यक्रमों का आयोजन हुआ। जिसमें तालीम, संस्कार और धार्मिक ज्ञान के महत्व पर जोर दिया गया। तुर्कमानपुर में सालाना जलसा हुआ, वहीं दर्स-ए-कुरआन के दूसरे सप्ताह में सूरह फील पर चर्चा की गई। मकतब इस्लामियात फैजाने मुबारक खां शहीद की ओर से आयोजित जलसे में कुरआन-ए-पाक पूरा करने वाले उजैन, आतिफा खातून, माहिरा खातून, अफीना खातून, रयान और रेहान को सम्मानित किया गया। कार्यक्रम का संचालन हाफिज अशरफ रजा इस्माईली और हाफिज सैफ अली इस्माईली ने किया। तालीम और संस्कार दोनों जरूरीमुख्य अतिथि संतकबीरनगर के शहर काजी मुफ्ती अख्तर हुसैन अलीमी ने कहा कि शिक्षा और संस्कार दोनों एक बेहतर इंसान और समाज के निर्माण के लिए जरूरी हैं। उन्होंने कहा कि शिक्षा ज्ञान देती है, जबकि संस्कार इंसान के व्यवहार और चरित्र को संवारते हैं। बच्चों में बचपन से अच्छे संस्कार देना जरूरी है ताकि वे जिम्मेदार नागरिक बन सकें। दूसरी ओर, तुर्कमानपुर और नौरंगाबाद में आयोजित दर्स-ए-कुरआन में मुख्य वक्ता हाफिज रहमत अली निजामी ने कहा कि अल्लाह की शक्ति सबसे बड़ी है और सत्य की जीत निश्चित होती है। सूरह फील का उदाहरण देते हुए बताया कि कैसे छोटे पक्षियों के जरिए एक बड़ी सेना को नष्ट किया गया। धैर्य और विश्वास का संदेशविशिष्ट वक्ता कारी मुहम्मद अनस नक्शबंदी ने कहा कि सूरह फील यह सिखाती है कि कोई भी ताकत अल्लाह के सामने टिक नहीं सकती। यह लोगों को धैर्य और विश्वास बनाए रखने का संदेश देती है। कार्यक्रमों के अंत में देश की खुशहाली और तरक्की के लिए दुआ की गई। दोनों आयोजनों में शहर काजी मुफ्ती मुहम्मद अजहर शम्सी, हाफिज रहमत अली निजामी, मुहम्मद अनस नक्शबंदी सहित कई लोग मौजूद रहे और इस्लामी बहनों ने भी सक्रिय भागीदारी की।
आल इंडिया मुस्लिम जमात के राष्ट्रीय अध्यक्ष मौलाना मुफ्ती शहाबुद्दीन रजवी बरेलवी ने बंगाल चुनाव के दौरान इटावा निवासी मौलाना जर्जिश अंसारी के बयान “मुसलमानों के रोने का वक्त आ गया” पर तीखी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने इस बयान को मुस्लिम समाज को गुमराह करने और भड़काने वाला करार देते हुए सरकार से स्वतः संज्ञान लेकर उचित कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है। मुफ्ती शहाबुद्दीन रजवी बरेलवी ने कहा कि मौलाना जर्जिश का बयान पूरी तरह से उकसाने वाला है। उन्होंने कहा कि देश के उच्चतम न्यायालय ने इस तरह की टिप्पणियों को ‘हेट स्पीच’ की श्रेणी में रखा है, इसलिए प्रशासन को चुप्पी साधने के बजाय सख्त कदम उठाने चाहिए। उन्होंने चुनाव आयोग की भूमिका की सराहना करते हुए कहा कि पश्चिम बंगाल में आयोग ने निष्पक्ष तरीके से चुनाव संपन्न कराए हैं और अब मतगणना की प्रक्रिया शेष है। ‘लोमड़ी बनने’ की सलाह पर विवादविवाद की जड़ मौलाना जर्जिश अंसारी की एक तकरीर का वीडियो है, जो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो में वह बंगाल के मुसलमानों से कहते नजर आ रहे हैं कि अब उनके रोने का समय आ गया है। उन्होंने कहा कि चुनाव में हुई गलती का खामियाजा मुसलमानों को भुगतना पड़ेगा। सबसे विवादित बात यह रही कि उन्होंने मुसलमानों को सलाह दी कि “शेर से बचने के लिए कुछ समय के लिए लोमड़ी बन जाओ।” हालांकि, उन्होंने डर के चलते ‘शेर’ का नाम लेने से इनकार किया और कहा कि नाम लेने पर जेल जाना पड़ सकता है। शांति बनाए रखने की अपीलमौलाना शहाबुद्दीन ने बंगाल के लोगों से मतगणना के दौरान शांति बनाए रखने की अपील की। उन्होंने कहा कि मतदान लोकतंत्र का अहम हिस्सा है और जीत-हार इसकी स्वाभाविक प्रक्रिया है।उन्होंने उम्मीद जताई कि मतगणना के दौरान किसी प्रकार की हिंसा या तनाव नहीं होगा और लोग शांतिपूर्वक परिणामों का इंतजार करेंगे। साथ ही उन्होंने कहा कि ऐसे बयानों का समाज पर नकारात्मक असर नहीं पड़ना चाहिए, क्योंकि भारत की लोकतांत्रिक व्यवस्था मजबूत है।
पीलीभीत में एक बैंक शाखा प्रबंधक पर राइस मिल मालिक के साथ 4.15 करोड़ रुपए की धोखाधड़ी का आरोप लगा है। आरोप है कि पंजाब एंड सिंध बैंक के तत्कालीन शाखा प्रबंधक ने कम ब्याज और अधिक ऋण का लालच देकर पहले खाता ट्रांसफर कराया, फिर चेक की फोटो का उपयोग कर खाते से यह रकम निकाल ली। यह मामला 'उजैफा इग्रीटेग राइस मिल' के मालिक मोहम्मद जीशान से जुड़ा है, जो कोतवाली क्षेत्र की केजीएन टू कॉलोनी के निवासी हैं। पीड़ित के अनुसार, उनका खाता पहले इंडियन बैंक में था। कम ब्याज पर लोन देने का झांसा दियाआरोप है कि पंजाब एंड सिंध बैंक की टनकपुर बाइपास शाखा के तत्कालीन प्रबंधक राधेश्याम प्रभाकर ने मोहम्मद जीशान को कम ब्याज दर और 25 करोड़ रुपये तक की क्रेडिट लिमिट बढ़ाने का झांसा दिया। इसके बाद जीशान ने अपना खाता पंजाब एंड सिंध बैंक में स्थानांतरित कर दिया। साल 2024 में बैंक ने उनका 15 करोड़ रुपए का ऋण भी स्वीकृत किया था। व्हाट्सएप पर चेक की फोटो मंगाईदर्ज रिपोर्ट के अनुसार, शाखा प्रबंधक प्रभाकर ने क्रेडिट लिमिट बढ़ाने की प्रक्रिया के बहाने मोहम्मद जीशान से व्हाट्सएप के माध्यम से विभिन्न चेक की फोटो मंगवाईं। आरोप है कि 6 मई 2025 से 23 जनवरी 2026 के बीच जीशान ने लगभग 20 चेक की तस्वीरें भेजी थीं। पीड़ित ने बताया कि इन चेक पर उनके हस्ताक्षर नहीं थे और मूल चेक आज भी उनके पास सुरक्षित हैं। इसके बावजूद, बैंक प्रबंधक ने इन तस्वीरों का उपयोग कर धोखाधड़ी को अंजाम दिया। फोटो का इस्तेमाल कर रुपए निकालेजीशान का आरोप है कि शाखा प्रबंधक ने अन्य बैंक कर्मचारियों की मिलीभगत से केवल चेक की फोटो का इस्तेमाल कर खाते से 4.15 करोड़ रुपये निकाल लिए। जब उन्हें इस धोखाधड़ी का पता चला और उन्होंने शिकायत की, तो बैंक अधिकारियों ने ब्याज सहित रकम लौटाने का आश्वासन दिया। हालांकि, बाद में बैंक अपने आश्वासन से मुकर गया। इसके बाद, पीड़ित मोहम्मद जीशान ने न्याय के लिए कोर्ट का दरवाजा खटखटाया। कोर्ट के आदेश के बाद, थाना सुनगढ़ी पुलिस ने शाखा प्रबंधक राधेश्याम प्रभाकर और अन्य अज्ञात बैंक कर्मियों के खिलाफ धोखाधड़ी सहित विभिन्न गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया है।
भोजपुर शहर में स्वरोजगार और स्किल डेवलपमेंट को बढ़ावा देने की दिशा में एक सराहनीय पहल हुई। इसके तहत कतिरा मोड़ स्थित न्यू ट्रेंड्स मेकअप एंड सैलून में आयोजित 10 दिवसीय फ्री मेकअप ट्रेनिंग कैंप का सफल समापन हो गया। इस कैंप में शहर की दर्जनों छात्राओं ने भाग लेकर मेकअप आर्टिस्ट बनने की बारीकियां सीखीं और अपने हुनर को निखारा। समापन अवसर पर सभी प्रतिभागियों को सर्टिफिकेट देकर सम्मानित किया गया, जिससे छात्राओं में खासा उत्साह देखने को मिला। कैंप का आयोजन मेकअप आर्टिस्ट खुशबू कुमारी के नेतृत्व में किया गया, जिन्होंने प्रतिभागियों को बेसिक से लेकर एडवांस मेकअप तक की विस्तृत जानकारी दी। प्रशिक्षण के दौरान स्किन टोन के अनुसार मेकअप, ब्राइडल मेकअप, पार्टी लुक, प्रोडक्ट चयन और प्रोफेशनल तकनीकों की बारीकियां सिखाई गईं। रोजगार और स्वरोजगार के कई अवसर मौजूद हैं खुशबू कुमारी ने बताया कि वर्तमान समय में मेकअप इंडस्ट्री तेजी से उभर रहा क्षेत्र है, जहां प्रशिक्षित युवतियों के लिए रोजगार और स्वरोजगार के कई अवसर मौजूद हैं। उन्होंने कहा कि इस फ्री कैंप का मुख्य उद्देश्य उन लड़कियों को अवसर देना था, जो आर्थिक कारणों से प्रोफेशनल ट्रेनिंग नहीं ले पातीं, लेकिन इस क्षेत्र में करियर बनाना चाहती हैं। 10 दिनों के इस प्रशिक्षण में छात्राओं ने न केवल नई तकनीकें सीखीं, बल्कि आत्मविश्वास भी हासिल किया। समापन समारोह रमना मैदान स्थित मंच पर आयोजित किया गया, जहां सभी प्रशिक्षित छात्राओं को सर्टिफिकेट प्रदान किया गया। इस दौरान प्रतिभागियों के चेहरे पर खुशी और संतोष साफ नजर आ रहा था। प्रशिक्षण में सलोनी पाठक, मनीषा कुमारी, सुमन कुमारी, खुशबू सिंह, निशा कुमारी, निशा गुप्ता, प्रिया कुमारी, अनामिका कुमारी, शिखा कुमारी, झुन्नी सिंह और वीणा कुमारी सहित कई छात्राओं ने भाग लिया। फिर से मुफ्त में लगेगा कैंप आयोजक खुशबू कुमारी ने बताया कि भविष्य में भी इस तरह के नि:शुल्क प्रशिक्षण कैंप आयोजित किए जाएंगे, ताकि अधिक से अधिक लड़कियां आत्मनिर्भर बन सकें और मेकअप के क्षेत्र में अपना करियर स्थापित कर सकें। यह पहल शहर में महिला सशक्तिकरण की दिशा में एक सकारात्मक कदम मानी जा रही है।
आगरा में पुलिस ने मोटरसाइकिल चोरी करने वाले शातिर गिरोह का पर्दाफाश करते हुए पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों के पास से चोरी की बाइक, मोबाइल और नकदी बरामद हुई है। यह गिरोह बाइक चोरी कर उन्हें काटकर बेच देता था और मोबाइल के जरिए प्लानिंग करता था। आगरा के मलपुरा थाना क्षेत्र में पुलिस और सर्विलांस टीम ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए एक सक्रिय मोटरसाइकिल चोर गिरोह का खुलासा किया है। पुलिस ने इस मामले में पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों के पास से तीन मोटरसाइकिल (जिनमें दो चोरी की और एक घटना में इस्तेमाल), पांच मोबाइल फोन और 1350 रुपये नकद बरामद किए गए हैं। पुलिस के मुताबिक, मामला 25 अप्रैल 2026 की रात का है, जब एक व्यक्ति की बाइक और मोबाइल चोरी हो गए थे। पीड़ित की शिकायत पर केस दर्ज कर जांच शुरू की गई। जांच के दौरान पुलिस को सुराग मिले और रेलवे ओवरब्रिज के पास से चार आरोपियों को पकड़ लिया गया। इसके बाद एक अन्य आरोपी को भी गिरफ्तार किया गया। पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि वे एक ही गांव के रहने वाले हैं और मिलकर चोरी की वारदात को अंजाम देते थे। ये लोग पहले मोबाइल के जरिए आपस में प्लानिंग करते थे, फिर सुनसान जगहों पर बाइक चोरी करते थे। चोरी के बाद बाइक को काटकर उसके पार्ट्स अलग-अलग बेच देते थे, ताकि पहचान न हो सके। गिरोह ने यह भी कबूला कि चोरी की बाइक का इंजन निकालकर एक आरोपी के घर में छिपाया जाता था। बाकी हिस्सों को कबाड़ियों को बेच दिया जाता था। आरोपियों ने हाल ही में 4-5 दिन पहले भी इसी तरीके से चोरी की घटना को अंजाम दिया था। गिरफ्तार आरोपियों में मनोज ठाकुर, मनीष डागर, गोविंद ठाकुर, उदय कुशवाह और आमिर खान शामिल हैं। पुलिस ने सभी के खिलाफ संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है।
भोजपुर शहर में उच्च शिक्षा और कौशल विकास के क्षेत्र में एक नया विकल्प सामने आया है। ए-थ्री इंटरनेशनल से “टॉप एजुकेशन” पहल के तहत विभिन्न यूजीसी-मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालयों के कोर्स में नामांकन प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। रविवार को करमन टोला स्थित वालिया कॉम्प्लेक्स में शाखा का शुभारंभ किया गया, जहां शिक्षा और करियर मार्गदर्शन से जुड़े विशेषज्ञों ने छात्रों को नए अवसरों की जानकारी दी। गुणवत्तापूर्ण उच्च शिक्षा उपलब्ध कराना मकसद संस्थान के संस्थापक अमरेन्द्र चौबे ने बताया कि इस पहल का उद्देश्य आरा और आसपास के छात्रों को बड़े शहरों में जाए बिना ही गुणवत्तापूर्ण उच्च शिक्षा उपलब्ध कराना है। इसके तहत बी-टेक, बीसीए, एमसीए, बीबीए, एमबीए, बीकॉम, एमकॉम, बीए, एमए, बी फार्मा, बीएससी नर्सिंग, पॉलिटेक्निक और जीएनएम जैसे कोर्स कराए जाएंगे। साथ ही पीजीडीसीए, डीसीए, सीसीसी, टैली, डेटा एंट्री, वेब टेक्नोलॉजी और डेस्कटॉप पब्लिशिंग जैसे कंप्यूटर व स्किल डेवलपमेंट कोर्स भी शामिल हैं। कार्यक्रम में वक्ताओं ने बताया कि यह पहल छात्रों को रोजगारपरक शिक्षा से जोड़ने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। प्रशिक्षण के बाद छात्रों को प्रमाण पत्र भी विश्वविद्यालयों के माध्यम से प्रदान किया जाएगा, जिससे उनके करियर को मजबूती मिलेगी। संस्थान की ओर से प्लेसमेंट सपोर्ट और सही कोर्स चयन में मार्गदर्शन देने का भी दावा किया गया है। इसके साथ ही आईसेक्ट-एनएसडीसी सेंटर के माध्यम से “टॉप एजुकेशन आपके अपने शहर में” अभियान भी चलाया जा रहा है, जिसके तहत अल्पकालिक और दीर्घकालिक कोर्स संचालित किए जा रहे हैं। संस्थान का कहना है कि यहां प्रशिक्षण हासिल करने वाले कई छात्र निजी क्षेत्रों में रोजगार हासिल कर चुके हैं। 4 घंटे की कक्षाएं उपलब्ध कराई जा रही खास बात यह है कि छात्रों को आर्थिक रूप से सहयोग देने के लिए बिहार स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड योजना का लाभ भी उपलब्ध कराया जा रहा है। इसके अलावा “स्पेशल समर ऑफर” के तहत मात्र 250 रुपये में मॉर्निंग और इवनिंग शिफ्ट में 4 घंटे की कक्षाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं, जिससे अधिक से अधिक छात्र लाभ उठा सकें। संस्थान की आरा में दो शाखाएं संचालित हैं, जहां इच्छुक छात्र संपर्क कर नामांकन से जुड़ी विस्तृत जानकारी प्राप्त कर सकते हैं। यह पहल शहर के छात्रों के लिए शिक्षा और करियर के नए अवसर खोलने वाली मानी जा रही है।
मोतिहारी होटल में चल रही थी शराब पार्टी, छापा:बोतलें जब्त, 4 गिरफ्तार; पुलिस ने कमरा किया सील
बिहार में शराबबंदी कानून को सख्ती से लागू करने के तहत मोतिहारी पुलिस ने एक बार फिर बड़ी कार्रवाई की है। छतौनी थाना क्षेत्र के मठिया स्थित हर्ष होटल में छापेमारी कर पुलिस ने शराब पार्टी कर रहे चार लोगों को गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई उस समय की गई जब पुलिस को गुप्त सूचना मिली कि होटल के एक कमरे में कुछ लोग शराब का सेवन कर रहे हैं। सूचना मिलते ही पुलिस महकमा सक्रिय हो गया और तुरंत छापेमारी की योजना बनाई गई। एसपी के निर्देश पर हुई रेड मामले की जानकारी मिलते ही छतौनी थाना के अपर थानाध्यक्ष श्रीकांत चौहान ने इसकी सूचना जिले के पुलिस अधीक्षक स्वर्ण प्रभात को दी। एसपी ने मामले की गंभीरता को देखते हुए तत्काल कार्रवाई का निर्देश दिया। इसके बाद पुलिस टीम ने बिना देर किए होटल में छापेमारी शुरू कर दी। कमरे में रंगे हाथ पकड़े गए चारों आरोपी पुलिस जब हर्ष होटल पहुंची तो एक कमरे में चार लोग शराब पीते हुए पाए गए। टीम ने तत्काल सभी को हिरासत में लिया और थाना लाया गया। थाने में मेडिकल जांच और अन्य प्रक्रियाओं के दौरान शराब सेवन की पुष्टि हुई, जिसके बाद चारों आरोपियों को विधिवत गिरफ्तार कर लिया गया। होटल का कमरा सील, शराब की बोतलें जब्त छापेमारी के दौरान पुलिस ने मौके से शराब की बोतलें भी बरामद की हैं। जिस कमरे में पार्टी चल रही थी, उसे सील कर दिया गया है। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि होटल तक शराब कैसे पहुंची और इस पूरे मामले में किन-किन लोगों की संलिप्तता है। रैकेट की आशंका, गहन जांच शुरू अपर थानाध्यक्ष श्रीकांत चौहान ने बताया कि मामले की गहराई से जांच की जा रही है। उन्होंने कहा कि यह भी जांच का विषय है कि क्या होटल में पहले भी इस तरह की गतिविधियां होती रही हैं या यह पहली घटना है। यदि किसी संगठित रैकेट की संलिप्तता सामने आती है, तो संबंधित सभी लोगों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। छापेमारी से इलाके में मचा हड़कंप इस कार्रवाई के बाद इलाके में हड़कंप मच गया। स्थानीय लोगों में इस बात को लेकर चर्चा है कि शराबबंदी के बावजूद इस तरह खुलेआम होटल में पार्टी कैसे चल रही थी। पुलिस की इस कार्रवाई को लेकर आम लोगों ने राहत भी जताई है और प्रशासन से ऐसे मामलों में लगातार सख्ती बरतने की मांग की है। टीम में शामिल रहे कई पुलिसकर्मी इस छापेमारी अभियान में अपर थानाध्यक्ष श्रीकांत चौहान के साथ एसआई अमित कुमार, फिरोज और अन्य पुलिसकर्मी शामिल थे। टीम की तत्परता और त्वरित कार्रवाई के कारण यह संभव हो सका कि आरोपियों को मौके पर ही पकड़ लिया गया। प्रशासन का सख्त संदेश पुलिस प्रशासन ने इस कार्रवाई के जरिए साफ संदेश दिया है कि शराबबंदी कानून के उल्लंघन को किसी भी हाल में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। अधिकारियों ने कहा है कि आगे भी इसी तरह की सख्त कार्रवाई जारी रहेगी और कानून तोड़ने वालों के खिलाफ कड़ी से कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
पूर्णिया के मुफस्सिल थाना की पुलिस ने स्मैक की खेप पकड़ी है। पुलिस ने 126 ग्राम स्मैक के साथ एक धंधेबाज को भी गिरफ्तार किया है। पुलिस ने गुप्त सूचना के आधार पर धंधेबाज को पकड़ा। धंधेबाज के पास से स्मैक की खेप के अलावा एक मोबाइल फोन और 20,500 रुपये कैश भी बरामद किए गए हैं। गिरफ्तार धंधेबाज की पहचान अमरनाथ महतो के रूप में हुई है। वो कटिहार के मनिहारी थाना क्षेत्र के वार्ड 2 का निवासी है। घटना की जानकारी देते हुए मुफस्सिल पुलिस ने बताया कि पुलिस को पहले से सूचना मिली थी कि इलाके में नशीले पदार्थ की सप्लाई की जा रही है। इसी इनपुट पर पुलिस ने गाड़ी जांच अभियान शुरू किया। जांच के दौरान एक बाइक को रुकवाया, जिस पर सवार धंधेबाज की तलाशी लेने पर उसके पास से 126 ग्राम स्मैक, एक मोबाइल फोन और 20,500 रुपये कैश बरामद किए गए। सामान को कब्जे में ले लिया पुलिस ने मौके पर ही आरोपी को हिरासत में लेकर सामान को कब्जे में ले लिया। शुरुआती जांच में ये मामला नशे के अवैध कारोबार से जुड़ा माना जा रहा है। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि आरोपी स्मैक कहां से लाता थाऔर किन लोगों तक इसकी सप्लाई करता था। फिलहाल पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है और आरोपी के खिलाफ आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है। साथ ही इस नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की तलाश भी जारी है।
सरकारी नौकरी से रिटायर होने का मतलब अब परेशानी नहीं, बल्कि सम्मान और सुकून बनता जा रहा है। प्रोजेक्ट वंदन के तहत अब कर्मचारियों को रिटायरमेंट के दिन ही पेंशन और बाकी भुगतान की प्रक्रिया पूरी करके दी जा रही है। इससे उन्हें बार-बार दफ्तरों के चक्कर नहीं लगाने पड़ रहे, जो पहले एक बड़ी समस्या हुआ करती थी।हाल ही में रायपुर में 44 रिटायर हुए अधिकारी और कर्मचारियों के लिए एक साथ सम्मान समारोह रखा गया। उन्हें शॉल, श्रीफल और प्रमाण पत्र देकर विदाई दी गई। खास बात ये रही कि कुछ कर्मचारियों को उसी दिन लाखों रुपए का भुगतान और जरूरी दस्तावेज भी मिल गए, जबकि बाकी लोगों को कुछ ही दिनों में सब देने की व्यवस्था की गई है। कर्मचारियों ने बताया-पहले होती थी परेशानीरिटायर हुए कर्मचारियों का कहना है कि पहले पेंशन के लिए महीनों तक परेशान होना पड़ता था, लेकिन अब सब कुछ समय पर मिल रहा है। कई लोगों ने बताया कि अपने पूरे करियर में पहली बार उन्हें इस तरह सम्मान के साथ विदाई मिली, जिससे रिटायरमेंट का दिन यादगार बन गया। अब अनुभव का भी मिलेगा समाज को लाभइसके साथ ही “प्रोजेक्ट सेकेंड इनिंग” भी शुरू किया गया है, ताकि रिटायर हो चुके लोग अपने अनुभव का उपयोग आगे भी कर सकें। जो लोग चाहें, वे पढ़ाई, मार्गदर्शन या सामाजिक कामों में योगदान दे सकते हैं। इससे उनका अनुभव समाज के काम आएगा और वे खुद भी सक्रिय बने रहेंगे।
दंतेवाड़ा जिले के बारसूर इलाके में सुरक्षा बलों को बड़ी सफलता मिली है। संयुक्त सर्च ऑपरेशन के दौरान माओवादी कैडरों के डंप सामान को बरामद किया गया है। विस्फोटक और प्रतिबंधित सामग्री का जखीरा बरामद किया गया है। कार्रवाई के बाद सभी जवान सुरक्षित लौट आए हैं और बरामद सामग्री के संबंध में वैधानिक प्रक्रिया जारी है। जानकारी के मुताबिक, 2 मई को मिली सटीक खुफिया सूचना के आधार पर ग्राम तोडमा के जंगलों में सीआरपीएफ की 195वीं बटालियन और दंतेवाड़ा पुलिस की संयुक्त टीम ने सर्च ऑपरेशन शुरू किया। तलाशी के दौरान सुरक्षाबलों ने अलग-अलग स्थानों पर छिपाकर रखी गई नक्सलियों की सामग्री बरामद की। भारी मात्रा में डेटोनेटर और कारतूस जब्त बरामद सामान में 75 इलेक्ट्रिक डेटोनेटर, 7.62 मिमी एसएलआर राउंड, 5.56 मिमी इंसास राउंड, 7.6239 मिमी राउंड, 12 बोर राउंड और खाली केस, .303 ब्लैंक कारतूस, बीजीएल कारतूस के खाली केस सहित विभिन्न हथियारों के राउंड शामिल हैं। इसके अलावा 500 ग्राम विस्फोटक, जिलेटिन, सेफ्टी फ्यूज वायर, इलेक्ट्रिक वायर, ग्रेनेड पिन, बैटरियां और कैमरा फ्लैश भी जब्त किए गए हैं। संचार उपकरण और नक्सली साहित्य मिले सर्च ऑपरेशन के दौरान सुरक्षाबलों को एक भरमार राइफल, संचार उपकरण जैसे डीएमआर और वायरलेस सेट, यूरिया पाउडर और नक्सली साहित्य भी मिला है। ऑपरेशन पूरा होने के बाद सभी जवान सुरक्षित कैंप लौट आए। पुलिस द्वारा बरामद सामग्री का जब्ती पंचनामा तैयार कर आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।
मधुबनी जिलाधिकारी आनंद शर्मा ने रविवार रात 8:30 बजे सदर अस्पताल का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने विशेष रूप से इमरजेंसी वार्ड की व्यवस्थाओं का गहन जायजा लिया और वहां उपलब्ध चिकित्सा सुविधाओं, संसाधनों एवं कार्यप्रणाली की समीक्षा की। निरीक्षण के क्रम में जिलाधिकारी ने अस्पताल उपाधीक्षक राजीव कुमार को स्पष्ट निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि इमरजेंसी सेवाओं को अगले एक माह के भीतर इस स्तर तक सुदृढ़ किया जाए कि किसी भी मरीज को अनावश्यक रूप से रेफर करने की आवश्यकता न पड़े। जिलाधिकारी ने जोर देते हुए कहा कि इमरजेंसी वार्ड में वरीय एवं अनुभवी चिकित्सकों की प्रतिनियुक्ति सुनिश्चित की जाए। व्यवस्था केवल जूनियर डॉक्टरों के भरोसे नहीं छोड़ी जानी चाहिए। उन्होंने इमरजेंसी सेवाओं को बेहतर बनाने के लिए आवश्यक आधारभूत सुविधाओं और संसाधनों का विस्तृत प्रस्ताव शीघ्र उपलब्ध कराने को भी कहा। शर्मा ने स्पष्ट चेतावनी दी कि यदि एक माह के भीतर व्यवस्था में अपेक्षित सुधार नहीं दिखा, तो संबंधित पदाधिकारियों की जवाबदेही तय करते हुए सख्त कार्रवाई की जाएगी। निरीक्षण के दौरान, जिलाधिकारी ने अस्पताल में चिकित्सकों एवं कर्मियों की उपस्थिति, दवाओं की उपलब्धता, साफ-सफाई की स्थिति और मरीजों को उपलब्ध कराई जा रही सुविधाओं का भी बारीकी से अवलोकन किया। उन्होंने भर्ती मरीजों एवं उनके परिजनों से सीधे संवाद कर फीडबैक लिया और मौके पर ही सुधार के निर्देश दिए। इस अवसर पर सदर अनुमंडल पदाधिकारी चंदन झा और विशेष कार्य पदाधिकारी नितेश कुमार पाठक सहित अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित थे। जिलाधिकारी के इस निरीक्षण से सदर अस्पताल की स्वास्थ्य सेवाओं में त्वरित सुधार की उम्मीद जताई जा रही है। यह आमजन को बेहतर एवं सुलभ चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने की दिशा में प्रशासन की प्रतिबद्धता को दर्शाता है।
राजस्थान : लड़की भगाने को लेकर दो पक्षों में हुई मारपीट, चार लोग घायल
राजस्थान के झालावाड़ जिले के भवानीमंडी के पालियाखेड़ी गांव में दो पक्षों में जमकर मारपीट हुई। इतना ही नहीं, एक पक्ष ने दूसरे पक्ष की दुकान में आग लगा दी।
दरभंगा में रविवार को एक महिला की संदिग्ध मौत हो गई है। मृतका प्रकाश यादव की पत्नी आशा देवी (35) है। घटना के बाद पति समेत ससुराल पक्ष के सभी लोग घर छोड़कर फरार हैं। स्थानीय लोगों और परिजनों के अनुसार, आशा देवी की शादी के कुछ समय बाद से ही दांपत्य जीवन में तनाव शुरू हो गया था। बताया जा रहा कि पति मारपट करता था। कई बार पंचायत भी हुई, लेकिन स्थिति में सुधार नहीं हुआ। आरोप है कि करीब एक साल पहले मारपीट कर आशा देवी को घर से निकाल दिया गया था। छह साल के बेटे अंकित कुमार यादव को अपने पास रख लिया गया। इसके बाद से वह अपने मायके बाउर गांव में रह रही थी।बताया जाता है कि रविवार को आशा देवी अपने बेटे से मिलने के लिए ससुराल पहुंची थीं, जहां यह घटना घटी। परिजनों का आरोप है कि पति प्रकाश यादव और उसके परिजनों ने मिलकर बेरहमी से हत्या कर दी। घटना के बाद विकलांग सास को छोड़कर अन्य सभी आरोपी फरार हो गए। घटना के बाद 6 वर्षीय मासूम अंकित कुमार अपनी मां को याद कर रो रहा है। वह बार-बार कह रहा है मेरी मां को पापा, दादा-दादी ने मार दिया। घटना घनश्यामपुर थाना क्षेत्र अंतर्गत गनौन गांव की है। पोस्टमॉर्टम के बाद मौत का कारण पता चलेगाघटना की सूचना मिलते ही एसडीपीओ प्रभाकर तिवारी और थानाध्यक्ष आलोक कुमार पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे और जांच शुरू की। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम के लिए डीएमसीएच भेज दिया है।एसडीपीओ प्रभाकर तिवारी ने बताया कि पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट आने के बाद ही स्पष्ट होगा कि मामला हत्या का है या आत्महत्या का। मामला संदिग्ध लग रहा है थानाध्यक्ष आलोक कुमार ने कहा कि प्रथम दृष्टया मामला संदिग्ध है और सभी पहलुओं पर जांच की जा रही है। पुलिस ने मृतका के ससुर सिंघेश्वर यादव को हिरासत में लिया है और अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी जारी है।
सीकर की अदालतों में पेंडिंग मुकदमों को राजीनामे से निपटाने लिए वनडे रोल प्ले ट्रेनिंग हुई। सुप्रीम कोर्ट की मध्यस्थता और कॉन्सिलिएशन प्रोजेक्ट कमेटी (MCPC), राजस्थान राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण (RALSA) के तत्वावधान में रविवार को ट्रेनिंग हुई। रोल प्ले ट्रेनिंग में शेखावाटी क्षेत्र के फौजदारी, दीवानी, पारिवारिक विवाद, चेक बाउंस, बैंक रिकवरी, राजस्व और उपभोक्ता मामलों में कानूनी लड़ाई के बिना विवाद निपटाने का तरीका बताया गया। गौरतलब है कि 9 मई को इस साल की दूसरी लोक अदालत होगी। 55 मध्यस्थों को दी गई ट्रेनिंग सीकर जिला विधिक सेवा प्राधिकरण अध्यक्ष रूपा गुप्ता के निर्देशन में नवनियुक्त 55 मध्यस्थों के लिए रोल प्ले ट्रेनिंग दी गई। इसकी शुरुआत ट्रेनर जज बालकृष्ण गोयल और नीरज कुमार भारद्वाज ने की। DLSA सेक्रेटरी शालिनी गोयल ने दोनों ट्रेनर जज को पौधा भेंटकर स्वागत किया। इंचार्ज जज वीरेंद्र कुमार मीणा ने बताया- इस प्रशिक्षण कार्यक्रम में 55 नवनियुक्त मीडिएटर्स (47 एडवोकेट और 8 रिटायर्ड/वर्किंग अधिकारीगण) के स्किल्स का डवलपमेंट करना और उन्हें मीडिएटरशिप की नई टेक्नीक की प्रैक्टिस करवाई गई। ट्रेनिंग के विभिन्न सेशन में मीडिएटरशिप के सिद्धांतों, प्रैक्टिकल और टेक्निकल विषयों के बारे में डिटेल में जानकारी दी गई। कार्यक्रम के दौरान सीनियर ट्रेनर्स ने मीडिएटरशिप की जरुरत और कानूनी विवादों को आपसी समझ से सुलझाने के कौशल पर जोर दिया। DLSA सेक्रेटरी शालिनी गोयल ने आभार जताया। शुरुआती सत्र में CJM विकास कुमार स्वामी भी मौजूद रहे।
जिले के चिलवानी थाना क्षेत्र के देवरी गांव में रविवार दोपहर सरकारी जनगणना का काम कर रहे कोटवार मातादीन शाक्य पर गांव के ही कुछ लोगों ने जानलेवा हमला कर दिया। लाठी-डंडों और कुल्हाड़ी से किए गए इस हमले में कोटवार बुरी तरह घायल हो गए हैं। दोपहर करीब एक बजे कोटवार मातादीन, पटवारी रोहित तोमर और दो शिक्षकों के साथ जनगणना के काम में जुटे थे। इसी दौरान पुरानी रंजिश को लेकर गांव के ही छह लोग (रामनिवास, गिर्राज, नट्टू, सरनाम, गोपाल और वीरेंद्र सिंह यादव) वहां पहुंचे। आरोप है कि उन्होंने कोटवार को जातिसूचक गालियां दीं और अचानक हथियारों से हमला बोल दिया। हमला इतना खौफनाक था कि टीम के बाकी सदस्य अपनी जान बचाकर वहां से भाग निकले। हालत गंभीर, ग्वालियर रेफर इस हमले में मातादीन के दोनों पैरों में गंभीर चोटें आई हैं। घटना के बाद डायल 112 की मदद से उन्हें विजयपुर अस्पताल ले जाया गया, लेकिन डॉक्टर ने उनकी गंभीर हालत को देखते हुए बेहतर इलाज के लिए उन्हें ग्वालियर रेफर कर दिया है। पुलिस ने दर्ज किया मामला चिलवानी पुलिस ने इस मामले को गंभीरता से लेते हुए सभी छह आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है। पुलिस ने आरोपियों पर सरकारी काम में बाधा डालने (धारा 353, 332) और मारपीट के साथ-साथ SC-ST एक्ट के तहत केस दर्ज किया है। फिलहाल सभी आरोपी फरार हैं और पुलिस उनकी सरगर्मी से तलाश कर रही है।
प्रयागराज में जल संकट से जूझ रहे नागरिकों को राहत देने के लिए नगर निगम ने एक महत्वपूर्ण कदम उठाया है। वार्ड संख्या 61 के अंतर्गत कटरा बैंक रोड क्षेत्र में एक नए बड़े ट्यूबवेल का विधिवत शिलान्यास किया गया। इस परियोजना का भूमि पूजन और शिलान्यास महापौर गणेश केसरवानी द्वारा संपन्न हुआ। इस अवसर पर महापौर ने कहा कि नगर निगम का मुख्य उद्देश्य शहर के प्रत्येक नागरिक को मूलभूत सुविधाएं, विशेषकर स्वच्छ पेयजल उपलब्ध कराना है। उन्होंने बताया कि इस ट्यूबवेल के शुरू होने से क्षेत्र के 2000 से अधिक घरों को सीधा लाभ मिलेगा और उनकी लंबे समय से चली आ रही पानी की समस्या का जल्द समाधान होगा। महापौर ने आगे कहा कि नगर निगम जल आपूर्ति व्यवस्था को मजबूत करने के लिए लगातार कार्य कर रहा है। शहर के विभिन्न वार्डों में नए ट्यूबवेल स्थापित किए जा रहे हैं, पाइपलाइन नेटवर्क का विस्तार किया जा रहा है और जल संरक्षण योजनाओं को तेजी से लागू किया जा रहा है, ताकि भविष्य में किसी भी क्षेत्र में जल संकट उत्पन्न न हो। शिलान्यास कार्यक्रम में क्षेत्रीय पार्षद श्रीमती सोनिका अग्रवाल सहित आनंद अग्रवाल, श्याम प्रकाश पांडेय, यश कौशल, श्रयम भार्गव, अमन केसरवानी और वैभव केसरवानी समेत कई गणमान्य लोग और स्थानीय निवासी उपस्थित रहे। सभी ने इस पहल के लिए नगर निगम और महापौर का आभार व्यक्त किया। स्थानीय नागरिकों ने बताया कि इस क्षेत्र में लंबे समय से पानी की गंभीर समस्या बनी हुई थी, जो गर्मी के मौसम में और भी विकट हो जाती थी। ऐसे में नए ट्यूबवेल का निर्माण उनके लिए बड़ी राहत साबित होगा।
पन्ना में ट्रक ने ऑटो को टक्कर मारी:दमोह के एक शख्स की मौत, 9 लोग घायल; खाई में गिरा वाहन
पन्ना-अमानगंज सड़क पर रविवार, 3 मई को ग्राम तारा के पास एक तेज रफ्तार ट्रक ने ऑटो को जोरदार टक्कर मार दी। इस हादसे में दमोह के रहने वाले एक शख्स की मौत हो गई, जबकि एक ही परिवार के 9 लोग घायल हो गए हैं। दो घायलों की हालत काफी नाजुक बताई जा रही है। हादसे का शिकार हुआ परिवार दमोह और सिमरिया इलाके का रहने वाला है। ये लोग ऑटो से बरबसपुरा में अपने एक बीमार रिश्तेदार का हालचाल जानने गए थे। वहां से लौटते समय तारा गांव के पास सामने से आ रहे एक अनियंत्रित ट्रक ने ऑटो को अपनी चपेट में ले लिया। टक्कर इतनी भीषण थी कि ऑटो सड़क किनारे गहरी खाई में जा गिरा। ग्रामीणों ने की मदद, ड्राइवर हुआ फरार हादसे के बाद मौके पर चीख-पुकार सुनकर आसपास के ग्रामीण तुरंत मदद के लिए दौड़े और खाई में गिरे ऑटो से घायलों को बाहर निकाला। वहीं, मौका पाकर ट्रक चालक वाहन समेत वहां से भागने में कामयाब रहा। अस्पताल में इलाज जारी सभी घायलों को तुरंत अमानगंज के स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया, जहां से गंभीर रूप से घायल लोगों को पन्ना जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया। जहां घायलों का इलाज चल रहा है। पुलिस ने फरार ट्रक चालक के खिलाफ केस दर्ज कर उसकी तलाश शुरू कर दी है।
शाहजहांपुर में गुब्बारा सांस की नली में फंसने से पांच साल के बच्चे की मौत हो गई। यह घटना कांट थाना क्षेत्र के खपटी गांव में हुई, जहां परिवार में चाचा की शादी की तैयारियां चल रही थीं। बच्चे को तत्काल चिकित्सक के पास ले जाया गया, लेकिन उसे बचाया नहीं जा सका। खपटी गांव निवासी श्यामा के पांच वर्षीय बेटे कनिष्क की सोमवार को चाचा सूरज की बारात जानी थी। घर में शादी की तैयारियां चल रही थीं और रिश्तेदार भी मौजूद थे। दोपहर करीब तीन बजे कनिष्क अन्य बच्चों के साथ घर से कुछ दूरी पर खेल रहा था। खेलते समय कनिष्क को एक गुब्बारा मिला। जब वह उसे फुला रहा था, तो गुब्बारा फट गया और उसका एक टुकड़ा उसकी सांस की नली में फंस गया। इससे कनिष्क वहीं गिरकर छटपटाने लगा। बच्चों ने दौड़कर घर पर परिजनों को सूचना दी। परिजन मौके पर पहुंचे और गुब्बारा निकालने की कोशिश की, लेकिन सफल नहीं हुए। वे मासूम को पास के गांव में एक चिकित्सक के पास ले गए, जहां कुछ देर बाद उसकी मृत्यु हो गई। देर शाम शव को दफना दिया गया। श्यामा और उनकी पत्नी राजमा देवी का बुरा हाल है। प्रभारी निरीक्षक राकेश मौर्या ने बताया कि इस घटना के संबंध में पुलिस को कोई सूचना नहीं दी गई थी।
मंदसौर में कल 4 घंटे बिजली कटौती:संजीत रोड, पुलिस कॉलोनी, जैन कॉलोनी समेत कई इलाके प्रभावित होंगे
मंदसौर शहर के कई इलाकों में कल (सोमवार) चार घंटे विद्युत आपूर्ति बाधित रहेगी। सहायक यंत्री ने बताया कि 33/11 केवी विद्युत लाइनों के मानसून पूर्व रखरखाव कार्य के कारण यह निर्णय लिया गया है। यह बिजली कटौती 11 केवी मालगोदाम फीडर के अंतर्गत स्टेडियम उपकेंद्र पर किए जाने वाले कार्य के कारण होगी। सुबह 8 बजे से दोपहर 12 बजे तक विद्युत प्रदाय पूरी तरह बंद रहेगा। बिजली कटौती से शुक्ला कॉलोनी, पुलिस कॉलोनी, दशरथ नगर, मालगोदाम रोड, माथुर कॉलोनी, जैन कॉलोनी, सेठिया विहार, भारत प्लाजा, संजीत रोड, संजय गांधी उद्यान, जनपद पंचायत और बंटी चौराहा क्षेत्र समेत आसपास के कई इलाके प्रभावित होंगे। विद्युत कंपनी ने उपभोक्ताओं से इस कार्य में सहयोग की अपील की। यह भी स्पष्ट किया है कि रखरखाव कार्य की आवश्यकता के अनुसार बिजली कटौती के समय में बदलाव (घटाया या बढ़ाया) किया जा सकता है। विभाग ने नागरिकों को होने वाली असुविधा के लिए खेद व्यक्त किया है और सलाह दी है कि वे अपने आवश्यक कार्य पहले ही निपटा लें।
‘सही दवा, शुद्ध आहार, यही छत्तीसगढ़ का आधार’ थीम पर चल रहे सघन जांच अभियान के तहत खाद्य एवं औषधि प्रशासन की टीम ने शहर में बेकरी उत्पादों की गुणवत्ता की जांच तेज कर दी है। अभियान का उद्देश्य नागरिकों को सुरक्षित और गुणवत्तापूर्ण खाद्य सामग्री उपलब्ध कराना है। खासकर गर्मी के मौसम में जब फूड प्वाइजनिंग और मिलावट का खतरा बढ़ जाता है। अभियान के छठवें दिन टीम ने रायपुर में 11 केक और बेकरी फर्मों का निरीक्षण किया। इस दौरान 5 खाद्य नमूने लेकर राज्य खाद्य परीक्षण प्रयोगशाला भेजे गए हैं। जांच के दौरान दो फर्मों में खामियां पाई गई, जिन्हें सुधार सूचना पत्र जारी किया गया है। एक जगह एक्सपायर्ड बर्गर बर्न और व्हाइट ब्रेड मिलने पर उन्हें मौके पर ही नष्ट कराया गया। जागरूकता बढ़ाने पर भी जोर खाद्य सुरक्षा अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि एक्सपायरी डेट के बाद खाद्य पदार्थों का सेवन स्वास्थ्य के लिए गंभीर खतरा बन सकता है। ऐसे उत्पादों में बैक्टीरिया तेजी से पनपते हैं, जिससे फूड प्वाइजनिंग, उल्टी-दस्त जैसी समस्याएं हो सकती हैं। इसलिए उपभोक्ताओं को पैक्ड फूड खरीदते समय निर्माण तिथि और एक्सपायरी जरूर जांचनी चाहिए। आम लोगों से अपील विभाग ने आम लोगों से अपील की है कि वे संदिग्ध या खराब खाद्य पदार्थों की जानकारी तुरंत प्रशासन को दें। जांच रिपोर्ट आने के बाद संबंधित फर्मों पर खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम 2006 के तहत सख्त कार्रवाई की जाएगी। अभियान के जरिए न सिर्फ मिलावट पर रोक लगाई जा रही है, बल्कि लोगों में जागरूकता बढ़ाने पर भी जोर दिया जा रहा है।
यूपी के 16 लाख कर्मचारियों के लिए बड़ी खबर है। सीएम योगी की अध्यक्षता में कैबिनेट मीटिंग में सोमवार को अधिकारियों और कर्मचारियों के लिए साल 2026-27 की ट्रांसफर पॉलिसी को मंजूरी मिलेगी। एक ही जगह पर तीन साल से अधिक समय से जमे कर्मचारियों को हटाया जाएगा। समूह क व ख के 20 और समूह ग व घ के 10 प्रतिशत कर्मचारियों के तबादले हो सकते हैं। विभागीय मंत्रियों के अनुमोदन से मई के अंत तक ट्रांसफर प्रक्रिया पूरी की जाएगी। मुख्य सचिव एसपी गोयल ने रविवार को कैबिनेट का एजेंडा जारी किया। उन्होंने बताया कि कैबिनेट मीटिंग सोमवार दोपहर 3 बजे मुख्यमंत्री आवास पर होगी। कैबिनेट में करीब 14 प्रस्ताव को मंजूरी मिल सकती है। प्रदेश में ‘एक जनपद एक व्यंजन योजना’ को मंजूरी मिलेगी। योजना के तहत लखनऊ, बनारस, कानपुर, गोरखपुर, आगरा, मथुरा सहित प्रदेश के हर जिले के एक प्रमुख व्यंजन को नई पहचान दी जाएगी। नई ट्रांसफर पॉलिसी में खास क्या है? एक जगह तीन साल से जमे कर्मचारी हटेंगेनई ट्रांसफर पॉलिसी का मुख्य मकसद प्रशासनिक व्यवस्था को अधिक पारदर्शी और कुशल बनाना और लंबे समय से एक जगह जमे हुए अधिकारियों-कर्मचारियों को स्थानांतरित करके नई ऊर्जा लाने का है। नई पॉलिसी के अनुसार किसी जिले में तीन वर्ष और मंडल स्तर पर सात वर्ष की सेवा पूरी कर चुके कर्मचारियों का तबादला अनिवार्य रूप से किया जाएगा। दिव्यांगों को मिलेगी राहत40 प्रतिशत या इससे अधिक दिव्यांगता वाले कर्मचारी सामान्य तबादलों से छूट प्राप्त कर सकेंगे। यदि कोई दिव्यांग कर्मचारी स्वयं तबादला चाहता है तो उसे अपनी पसंद के जिले में प्राथमिकता के आधार पर तैनाती दी जाएगी। जिन कर्मचारियों के परिवार में गंभीर रूप से दिव्यांग सदस्य- खासकर मंदबुद्धि या अक्षम बच्चे हैं, उन्हें भी उनकी इच्छा के अनुसार तैनाती देने का प्रस्ताव है। सरकारी सेवा में कार्यरत पति-पत्नी को यथासंभव एक ही जिले या निकटवर्ती जिलों में तैनात करने का प्रयास किया जाएगा, ताकि परिवार की जिम्मेदारियों का निर्वहन आसानी से हो सके। समूह ‘क’ के अधिकारियों को उनके गृह जिले में तैनाती नहीं दी जाएगी। यदि पद मंडल स्तर का है तो गृह मंडल में भी नहीं भेजा जाएगा। अब उन 14 प्रस्तावों को जानिए, जो मीटिंग में रखे जाएंगे ऊर्जा विभाग राज्य कर विभाग खाद्य एवं रसद विभाग MSME विभाग न्याय विभाग हथकरघा एवं वस्त्रोद्योग कृषि विपणन विभाग माध्यमिक शिक्षा संस्कृति विभाग पंचायती विभाग कार्मिक विभाग ---------------------- ये खबर भी पढ़ें… अखिलेश बोले- दिखावे के लिए दोनों डिप्टी सीएम साथ:REEL भी शेयर की; केशव का पलटवार- 2027 में करेंगे ‘सैफई’ प्रस्थान सपा प्रमुख अखिलेश यादव और डिप्टी सीएम केशव मौर्य के बीच वार-पलटवार रुकने का नाम नहीं ले रहा है। अखिलेश यादव ने शनिवार शाम करीब 5 बजे लिखा- एक-दूसरे को पीछे धकेलने की साजिश ही भाजपा की असली सच्चाई है। पूरी खबर पढ़िए…
गाजियाबाद में एक स्कूल के बेसमेंट में चल रही प्रार्थना सभा को लेकर विवाद खड़ा हो गया। रविवार शाम पूर्व पार्षद संजीव त्यागी और स्थानीय लोगों ने इसकी सूचना पुलिस को दी, जिसके बाद नंदग्राम थाना पुलिस मौके पर पहुंची। बताया जा रहा है कि बेसमेंट में पिछले करीब तीन माह से प्रार्थना सभाएं आयोजित की जा रही थीं। मौके से प्रार्थना से संबंधित कागजात, फोटो और वीडियो सामग्री भी मिली है। इस मामले में पुलिस अंकुर मैसी नाम के व्यक्ति की तलाश कर रही है, जिसे अजराड़ा निवासी बताया जा रहा है। पुलिस ने मौके पर मौजूद लोगों को समझाकर स्थिति को शांत कराया। वहीं, स्थानीय लोगों ने विरोध के दौरान वहां लगे बैनर और होर्डिंग हटा दिए। पुलिस का कहना है कि पूरे मामले की जांच की जा रही है और तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। रविवार को प्रार्थना में आते हैं महिलाएं और बच्चेराजनगर एक्सटेंशन की कृष्णा एनक्लेव सोसायटी में पूर्व पार्षद संजीव त्यागी और अन्य लोगों ने बताया कि कैंब्रिज नामक स्कूल के बेसमेंट में गोपनीय ढंग से चर्च चलाया जा रहा है, जहां धर्मांतरण किया जा रहा है। यहां गरीब महिलाएं और बच्चों को लालच देकर लाया जाता है। जहां हर रविवार को प्रार्थना की जाती है। जिसके बाद पुलिस ने मौके पर पहुंचकर लोगों से पूछा। जहां प्रार्थना सम्बंधी सामग्री मिली। समाजसेवी दीपांशु मित्तल का कहना है कि इस तरह की अवैध गतिविधियों को नहीं होने दिया जागएा। पुलिस इस मामले में जांच कर कार्रवाई करे। स्कूल के बेसमेंट को खाली कराया जाए। एक व्यक्ति जो हिंदु से धर्म परिवर्तन कर चुका है, वह लगातार यहां माहौल बिगाड़ने का प्रयास कर रहा है। किसी भी कीमत पर प्रार्थना नहीं होने देंगे अवैध चर्च एवं धर्मांतरण को लेकर गाजियाबाद में कृष्णा एनक्लेव सोसायटी के लोगों ने पुलिस प्रशासन से मांग है कि इस विषय की विस्तृत जांच की जाए एवं दोषियों के विरुद्ध सख्त कारवाई की जाए। जबतक इसकी जांच नहीं होती वे इसी प्रकार सोसायटी के गेट पर बैठ कर निगरानी करेंगे। हालांकि इसकी लिखित में शिकायत नहीं की गई है। जो अजराड़ा का पादरी बताया गया है वह फरार है। जिसकी तलाश पुलिस कर रही है। पूरे मामले में जांच कराई जा रहीडीसीपी सिटी धवल जायसवाल ने बताया कि पूरे मामले में जांच कराई जा रही है। जो भी लोगों ने आरोप लगाए हैं उनकी जांच कराई जा रही है। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर लोगों से पूछताछ की है। अभी तक शिकायत नहीं की गई है। जांच के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।
गुना शहर के बड़े पुल के पास एक कार में अचानक आग लग गई। इंदौर का परिवार ओरछा से श्री राम राजा के दर्शन कर वापस इंदौर लौट रहा था, तभी गुना में ये हादसा हुआ। घटना में कार पूरी तरह जल गई। जाम के कारण फायर ब्रिगेड को पहुंचने में आधा घंटा लग गया। मिली जानकारी के अनुसार, इंदौर के रहने वाले अंशुल मांडलिक अपने परिवार के साथ ओरछा दर्शन करने के लिए गए थे। शनिवार को वह झांसी में रुके। रविवार को दर्शन करने के बाद वह वापस इंदौर लौट रहे थे। कार में इनके साथ तीन महिलाएं, दो बच्चे थे। रविवार शाम वह गुना पहुंचे। अचानक गाड़ी में से धुआं उठने लगारविवार शाम लगभग 8:50 बजे जैसे ही गाड़ी गुना शहर के बड़े पुल के पास पहुंची, अचानक गाड़ी में से धुआं उठने लगा। गाड़ी चला रहे अंशुल ने तत्काल गाड़ी सड़क किनारे लगाई और पूरे परिवार को गाड़ी से उतारा। देखते ही देखते गाड़ी ने आग पकड़ ली और पूरी गाड़ी आग का गोला बन गई। अंशुल ने राहगीरों से फायर ब्रिगेड को बुलाने का निवेदन किया, जिसके बाद राहगीरों ने फायर ब्रिगेड को कॉल किया। सड़क के दोनों तरफ जाम लग जाने के कारण फायर ब्रिगेड को गाड़ी तक पहुंचने में लगभग आधा घंटा लग गया। तब तक कार पूरी तरह जल गई। गाड़ी में CNG किट लगी हुई थी। हादसे में कार पूरी तरह जल गई। कार जल जाने के कारण परिवार पर आगे जाने को साधन नहीं बचा। ऐसे में पूर्व विधायक राजेंद्र सिंह सलूजा के बेटे अक्कू सलूजा आगे आए और उन्होंने परिवार को अपने होटल में आश्रय दिया। देखिए तस्वीरें…
जबलपुर के बरगी डैम में हुए क्रूज हादसे में 13 लोगों की जान जाने के बाद अब प्रशासन की लापरवाही के खिलाफ गुस्सा फूट रहा है। घटना के विरोध में रविवार शाम आलीराजपुर में युवक कांग्रेस ने कैंडल मार्च निकालकर अपना विरोध दर्ज कराया। युवक कांग्रेस के जिला अध्यक्ष पुष्पराज पटेल की अगुवाई में यह मार्च मुर्गी बाजार चौराहा से शुरू होकर टाकीज चौराहे तक पहुंचा। हाथ में मोमबत्तियां लिए बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता और स्थानीय युवा इस मार्च में शामिल हुए। राजीव गांधी प्रतिमा के पास पहुंचकर सभी ने दो मिनट का मौन रखा और हादसे में मारे गए लोगों की आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना की। अफसरों पर कार्रवाई की मांग हादसे पर दुख जताते हुए युवक कांग्रेस नेताओं ने इसे सीधे तौर पर प्रशासनिक लापरवाही बताया। उनका कहना था कि नाव चलाने में सुरक्षा नियमों की सरेआम अनदेखी की गई। अगर जिम्मेदार कर्मचारी अपनी ड्यूटी ठीक से निभाते और बोट पर सुरक्षा के इंतजाम होते, तो इतने लोगों की जान नहीं जाती। कार्यकर्ताओं ने मांग की है कि इस लापरवाही के लिए जिम्मेदार अधिकारियों और कर्मचारियों पर कड़ी से कड़ी कार्रवाई की जाए। सुरक्षा व्यवस्था की हो जांच जिला अध्यक्ष पुष्पराज पटेल ने मांग की है कि सरकार मृतकों के परिवारों को न्याय दे। उन्होंने यह भी कहा कि पूरे प्रदेश के जितने भी जल पर्यटन केंद्र (वॉटर स्पॉट्स) हैं, वहां की सुरक्षा व्यवस्था की हाई-लेवल जांच होनी चाहिए। उन्होंने चेतावनी दी कि अगर सुरक्षा पुख्ता नहीं की गई, तो भविष्य में भी ऐसे हादसे होते रहेंगे। पीड़ित परिवारों के प्रति जताई संवेदना कैंडल मार्च के दौरान युवाओं ने मोमबत्तियां जलाकर पीड़ित परिवारों के प्रति अपनी सहानुभूति जताई। इस विरोध प्रदर्शन में युवक कांग्रेस के कई पदाधिकारी और शहर के युवा बड़ी संख्या में मौजूद रहे, जिन्होंने एक सुर में दोषियों को सजा देने की मांग उठाई।
बिहार विधानसभा के अध्यक्ष डॉ. प्रेम कुमार ने गयाजी टाउन क्षेत्र के चांदचौरा स्थित निर्माणाधीन धर्मशाला भवन का स्थल निरीक्षण किया। उन्होंने निर्माण कार्य की प्रगति, गुणवत्ता और निर्धारित समय-सीमा के अनुपालन की विस्तृत समीक्षा की, साथ ही संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। यह धर्मशाला बिहार सरकार की महत्वाकांक्षी योजना के तहत लगभग ₹12015.85 करोड़ की लागत से बनाई जा रही है। इसका निर्माण कार्य 7 मई 2025 से शुरू होकर 6 मई 2027 तक पूरा होना निर्धारित है। डॉ. प्रेम कुमार ने बताया कि गया आस्था की नगरी है, जहां देश-विदेश से, विशेषकर पितृपक्ष मेला के दौरान लाखों श्रद्धालु आते हैं। ऐसे में इन आगंतुकों के ठहरने के लिए समुचित और आधुनिक सुविधाओं से युक्त धर्मशाला का निर्माण अत्यंत आवश्यक है। 4.38 एकड़ क्षेत्र में विकसित किया जा रहा अधिकारियों ने निरीक्षण के दौरान बताया कि धर्मशाला परिसर लगभग 4.38 एकड़ क्षेत्र में विकसित किया जा रहा है। इसमें लगभग 1080 श्रद्धालुओं के ठहरने की व्यवस्था होगी। यह भवन ग्राउंड प्लस पांच (G+5) मंजिला होगा। ग्राउंड फ्लोर पर कार, मोटरसाइकिल और बस पार्किंग की सुविधा उपलब्ध होगी। प्रथम तल पर 5-बेड और 3-बेड डॉरमेट्री की व्यवस्था की जा रही है, जबकि दूसरे से पांचवें तल तक प्रत्येक तल पर 2-बेड गेस्ट रूम, 5-बेड और 3-बेड डॉरमेट्री का प्रावधान किया गया है। इसके अलावा, परिसर में कर्मचारियों और चालकों के लिए पृथक व्यवस्था, भोजन कक्ष, स्वच्छ शौचालय, लिफ्ट, आधुनिक HVAC सिस्टम, एसटीपी (सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट) और सोलर ऊर्जा जैसी अन्य सुविधाएं भी विकसित की जा रही हैं। अध्यक्ष डॉ. प्रेम कुमार ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि निर्माण कार्य में गुणवत्ता से किसी प्रकार का समझौता न किया जाए और इसे निर्धारित समय-सीमा के भीतर पूर्ण किया जाए। उन्होंने कहा कि यह धर्मशाला भवन पितृपक्ष मेला के दौरान आने वाले श्रद्धालुओं के लिए एक महत्वपूर्ण सुविधा साबित होगा। गया में पर्यटन और धार्मिक आधारभूत संरचना को नई दिशा देगा।
आस्था और मोक्ष की भूमि माने जाने वाले गयाजी में इन दिनों पिंडदानियों को जल संकट का सामना करना पड़ रहा है। फल्गु नदी, जो धार्मिक कर्मकांडों के लिए महत्वपूर्ण है, सूखे और गंदे पानी की समस्या से जूझ रही है। विष्णुपद मंदिर और फल्गु नदी के तट पर देश-विदेश से श्रद्धालु पितृपक्ष समेत पूरे वर्ष पिंडदान के लिए आते हैं। हालांकि, इस बार उन्हें धार्मिक अनुष्ठान के लिए आवश्यक शुद्ध जल उपलब्ध नहीं हो पा रहा है। स्थानीय पंडा गजाधर लाल कटियार ने इस स्थिति पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि “प्रकृति से छेड़छाड़ का परिणाम सामने है।” उन्होंने आरोप लगाया कि रबर डैम बनने के बाद फल्गु का स्वरूप बिगड़ गया है और सरकार के दावों के विपरीत, पिंडदानियों और स्थानीय लोगों को पानी के लिए तरसना पड़ रहा है। गर्मी शुरू होते ही डैम का पानी सूखा करीब 334 करोड़ रुपये की लागत से बना रबर डैम, जिसे आधुनिक तकनीक का उदाहरण बताया गया था, अब सवालों के घेरे में है। वर्ष 2022 में शुरू की गई इस परियोजना का उद्देश्य फल्गु नदी में साल भर पानी बनाए रखना था, ताकि पिंडदानियों को सुविधा मिल सके। लेकिन गर्मी शुरू होते ही डैम का पानी या तो सूख जाता है या इतना दूषित हो जाता है कि उसका उपयोग करना मुश्किल हो जाता है। डैम में जमा पानी पूजा सामग्री, फूल-पत्तियों और कचरे से दूषित हो जाता है। कई बार स्थिति इतनी खराब हो जाती है कि प्रशासन को डैम का पानी छोड़ना पड़ता है। हाल ही में अप्रैल महीने में भी पानी डाउनस्ट्रीम छोड़ दिया गया था, जिसके बाद डैम पूरी तरह सूख गया। तकनीकी समाधान के रूप में रबर डैम बनाया कहा जाता है कि माता सीता ने इसे ‘अंत:सलिला’ होने का श्राप दिया था। कथा के अनुसार, भगवान राम अपने पिता दशरथ का पिंडदान करने यहां आए थे। उस दौरान हुई एक घटना के बाद सीता ने फल्गु नदी को श्राप दिया, जिसके कारण यह नदी ऊपर से सूखी दिखाई देती है और इसका जल धरती के भीतर बहता है। हालांकि, आधुनिक दौर में इस पौराणिक मान्यता को चुनौती देने के लिए तकनीकी समाधान के रूप में रबर डैम बनाया गया, लेकिन वर्तमान हालात देखकर ऐसा प्रतीत होता है कि यह प्रयास पूरी तरह सफल नहीं हो पाया है। लोगों का कहना है कि यह सिर्फ तकनीकी विफलता नहीं, बल्कि रखरखाव की कमी और योजना की कमजोर क्रियान्वयन का नतीजा है। इस संबंध में गया के जिलाधिकारी शशांक शुभंकर से रबर डैम सुखा होने को लेकर प्रतिक्रिया लेना चाहा तो उन्होंने कॉल रिसीव नहीं किया।
टीकमगढ़ के कलेक्टरेट रोड पर रविवार की रात उत्सव भवन मैरिज गार्डन के पास बिजली के खंभे में उतरे करंट की चपेट में आने से एक शख्स की जान चली गई। पुलिस ने शव को जिला अस्पताल भिजवा दिया है, हालांकि अभी तक मृतक की पहचान नहीं हो पाई है। बताया जा रहा है कि उस शख्स ने अपनी साइकिल बिजली के एक खंभे के सहारे खड़ी की थी। इसी दौरान तेज हवा के साथ बारिश शुरू हो गई और खंभे के पास पानी भर गया। जैसे ही वह अपनी साइकिल लेने पहुंचा और उसे हाथ लगाया, खंभे में उतरे करंट ने उसे अपनी चपेट में ले लिया। करंट इतना जोरदार था कि उसकी मौके पर ही मौत हो गई। लापरवाही आई सामने विद्युत कंपनी शहर इंचार्ज नितिन बाथम ने बताया कि उत्सव भवन में चल रहे शादी-ब्याह के कार्यक्रमों के लिए ठेकेदार ने बिजली के खंभे से तार बांध रखे थे। आशंका जताई जा रही है कि तेज हवा के कारण ये तार खंभे से रगड़ खा गए, जिससे पूरे खंभे में करंट फैल गया। पुलिस और बिजली कंपनी की टीमें अब इस लापरवाही की जांच कर रही हैं। बारिश में बरतें सावधानी इस हादसे के बाद बिजली कंपनी ने लोगों के लिए जरूरी चेतावनी जारी की है। कंपनी ने कहा है कि बारिश और तेज हवा के समय बिजली के पोल, झूलते तारों और गिरे हुए पेड़ों से दूर रहें। अक्सर हवा में उड़कर कोई सामान तारों पर गिर जाता है जिससे करंट फैलने का डर रहता है। कंपनी ने खास तौर पर बच्चों को बिजली के खंभों या खुले तारों के पास न जाने देने की सलाह दी है।
जोधपुर में जुआ खेलते पुलिस ने मारा छापा:19 जुआरियों को पकड़ा, 6 लाख रुपए सहित 4 लग्जरी कार जब्त
जोधपुर में पुलिस ने 19 जुआरियों को पकड़ा। आरोपियों से 6 लाख 49 हजार 220 रुपए सहित चार लग्जरी कारें जब्त की गई। करवड़ थाना पुलिस ने सरहद नेतड़ा के होटल सुरजगढ़ गार्डन के पीछे बने कमरे में कार्रवाई की। मुखबिर की सूचना पर एसीपी रेज मंडोर अनिल शर्मा और थानाधीक्षक परमेश्वरी के नेतृत्व में थाना करवड़, मंडोर व मथानिया की संयुक्त टीम ने रविवार रात छापा मारा। इस दौरान जुआ खेलते 19 आरोपियों को रंगे हाथों पकड़ा। जुआ खेलते पकड़े गए 19 आरोपी इरफान (35) पुत्र सहिद निवासी फुलगंज नसीराबाद जिला अजमेर, मोहन सोनी (56) पुत्र नवलकिशोर सोनी निवासी नल्ला बाजार जिला अजमेर, आबिद (36) पुत्र अकबर निवासी रिया बड़ी जिला नागौर, वजीर अली (49) पुत्र मजीद खान निवासी जोजुण्डा जिला नागौर, मेहबुब बेग (36) पुत्र मेहमुद बेग निवासी अंसल प्लाजा जोधपुर पूर्व, सुमेरसिंह माली (46) पुत्र मदनलाल निवासी मालियों की गली जोधपुर पूर्व, राजेन्द्र (50) पुत्र ईश्वरलाल माली निवासी ब्यावर, आबिद (52) पुत्र फारूख निवासी बासनी जिला नागौर, रईस मोहम्मद (41) पुत्र बाबू खान निवासी खेतानाडी जोधपुर पूर्व, लक्ष्मण (43) पुत्र प्रहलाद कलाल निवासी कलाल कॉलोनी गली नं. 11 जोधपुर पूर्व, अभिमन्युसिंह राजपूत (46) पुत्र जेतसिंह निवासी पावटा ए रोड जोधपुर पूर्व, अमराराम (32) पुत्र पेमाराम मेघवाल निवासी खियाला जिला नागौर, मोहम्मद साहिद (40) पुत्र अब्दुल वहाब निवासी बासनी जिला नागौर, वकार युनुस (30) पुत्र कालू खां निवासी जोजुण्डा जिला नागौर, श्रवणसिंह राजपूत (41) पुत्र बन्नेसिंह निवासी निम्बीजोधा जिला डीडवाना कुचामन, मनोज कुमार (45) पुत्र किशनलाल भील निवासी नागोरी गेट जोधपुर, अफजल (32) पुत्र मोहम्मद हनीफ निवासी स्टेडियम शॉपिंग सेन्टर जोधपुर पूर्व, बबलू (46) पुत्र बाबूशाह निवासी पंवारों का मोहल्ला जिला डीडवाना कुचामन और मोहम्मद इरफान (31) पुत्र अब्दुल कलाम निवासी रियाबड़ी जिला नागौर को गिरफ्तार किया।
रीवा के नेशनल हाईवे-30 पर रविवार शाम एक दर्दनाक सड़क हादसे में महिला की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि उसका पति गंभीर रूप से घायल हो गया। घटना शाम करीब साढ़े 5 बजे त्योंथर के घूमा ब्रिज के पास हुई, जहां पीछे से आ रही तेज रफ्तार आर्टिका कार ने ई-रिक्शा को जोरदार टक्कर मार दी। हादसे में मृतक की पहचान शीला साकेत, पिता सुनील साकेत के रूप में हुई है। बताया जा रहा है कि दंपती लौरी से प्रयाग की ओर जा रहे थे, तभी यह हादसा हो गया। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि ई-रिक्शा के परखच्चे उड़ गए और मौके पर चीख-पुकार मच गई। नेशनल हाईवे पर यातायात ठप हो गयाघटना के बाद आक्रोशित परिजनों और स्थानीय लोगों ने चक्का जाम कर दिया, जिससे नेशनल हाईवे-30 पर यातायात पूरी तरह ठप हो गया। करीब 4 घंटे तक हाईवे के दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लगी रहीं। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और हालात को संभालते हुए लोगों को समझाइश दी। घायल पति को तत्काल अस्पताल भेजा गया, जहां उसकी हालत गंभीर बताई जा रही है। गढ़ थाना पुलिस ने दुर्घटनाग्रस्त कार को जब्त कर लिया है और मामले की जांच शुरू कर दी है। तहसीलदार त्योंथर राजेंद्र शुक्ला ने बताया कि पीड़ित परिवार को शासन स्तर से आर्थिक सहायता दिलाने का आश्वासन दिया गया है। प्रशासन की समझाइश के बाद शाम को जाम खुलवाया गया और यातायात सामान्य किया गया।
मुंगेर के पुलिस अधीक्षक सैयद इमरान मसूद ने जिले में तैनात दो पुलिस अधिकारियों को निलंबित कर दिया है। यह कार्रवाई भ्रष्टाचार और अनुशासनहीनता के आरोपों की पुष्टि होने के बाद की गई है। निलंबित किए गए अधिकारियों में कासिम बाजार और मुफस्सिल थाना के पुलिसकर्मी शामिल हैं। पहला मामला कासिम बाजार थाना से संबंधित है। यहां पदस्थापित सहायक उप-निरीक्षक (एएसआई) अनिकेत कुमार झा पर पूर्व के अभियुक्तों से सांठगांठ रखने और थाना परिसर में अनुचित तरीके से बैठकें करने का आरोप था। विभागीय जांच में ये आरोप सही पाए गए, जिसके बाद एसपी ने उन्हें तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया। अवैध वसूली करने का आरोप लगा थादूसरा मामला मुफस्सिल थाना क्षेत्र का है। यहां तैनात प्रोबेशनरी ट्रेनिंग कांस्टेबल (पीटीसी) अभिषेक कुमार पर चरित्र सत्यापन के नाम पर आम लोगों से अवैध वसूली करने का आरोप लगा था। शिकायत में यह भी बताया गया था कि पैसे न देने पर संबंधित व्यक्तियों का काम जानबूझकर रोका जाता था। मुफस्सिल इंस्पेक्टर की जांच में आरोप सही पाए जाने के बाद पीटीसी अभिषेक कुमार को भी निलंबित कर दिया गया। पुलिस अधीक्षक सैयद इमरान मसूद ने इस संबंध में कहा कि पूर्व अपराधियों से संपर्क रखना, थाने में बैठकबाजी करना और चरित्र सत्यापन में रिश्वत मांगना गंभीर अपराध हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि कर्तव्यों के निर्वहन में पारदर्शिता और ईमानदारी अनिवार्य है। एसपी ने चेतावनी दी कि किसी भी तरह की अनियमितता या भ्रष्टाचार पाए जाने पर भविष्य में भी कड़ी कार्रवाई जारी रहेगी।
मोतिहारी गैस एजेंसी पर अफरा-तफरी का VIDEO:एजेंसी ने बताया- वीडियो पूरी तरह गलत, प्रशासन कर रहा जांच
मोतिहारी के बनकटवा प्रखंड स्थित मां जानकी एचपी गैस एजेंसी, बिजबनी का एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। इस वीडियो में गैस वितरण के दौरान कथित तौर पर अफ़रा-तफ़री और अव्यवस्था का माहौल दिखाया गया है, जिसके बाद क्षेत्र में विभिन्न प्रकार की चर्चाएं शुरू हो गई हैं। कुछ लोग इसे लूट और हंगामे से जोड़कर भी साझा कर रहे हैं। हालांकि, वीडियो सामने आने के बाद एजेंसी और प्रशासनिक स्तर पर इस मामले को लेकर स्थिति स्पष्ट की गई है। एजेंसी संचालक धर्मेंद्र पासवान ने वायरल वीडियो को पूरी तरह भ्रामक और गलत करार दिया है। उन्होंने बताया कि वीडियो को गलत संदर्भ में प्रस्तुत किया गया है, जिससे लोगों में भ्रम की स्थिति पैदा हो रही है। गैस सिलेंडर लेने के लिए बड़ी संख्या में उपभोक्ता जमा हो गए थे धर्मेंद्र पासवान के मुताबिक, घटना वाले दिन गैस सिलेंडर लेने के लिए बड़ी संख्या में उपभोक्ता जमा हो गए थे। अधिक भीड़ के कारण लाइन व्यवस्था थोड़ी प्रभावित हुई थी, लेकिन किसी भी प्रकार की लूटपाट या हंगामे की कोई घटना नहीं हुई। उन्होंने स्पष्ट किया कि सभी उपभोक्ताओं को गैस सिलेंडर उपलब्ध कराए गए और वितरण प्रक्रिया शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुई। भ्रामक खबरें फैलाने वालों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की एजेंसी संचालक ने आरोप लगाया कि कुछ सोशल मीडिया चैनलों द्वारा वीडियो को गलत संदर्भ में प्रसारित कर एजेंसी की छवि खराब करने का प्रयास किया जा रहा है। इस संबंध में उन्होंने सिकरहना एसडीओ के पास लिखित शिकायत दर्ज कराई है और भ्रामक खबरें फैलाने वालों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। प्रशासनिक सूत्रों के अनुसार, मामले की जांच की जा रही है। प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे किसी भी वीडियो या खबर को बिना पुष्टि के साझा न करें। वर्तमान में स्थिति सामान्य है और गैस वितरण कार्य नियमित रूप से जारी है।
स्विमिंग पूल में डूबा 7 साल का बच्चा, मौत:मेरठ में हादसा, बच्चे की शिनाख्त में जुटी पुलिस
मेरठ के लिसाड़ी गेट थानाक्षेत्र में रविवार को स्विमिंग पूल में डूबने से 7 साल के मासूम बच्चे आकिल की मौत हो गई। घटना पिल्लोखड़ी पुल के पास निजी स्विमिंग पूल की है। स्विमिंग पूल कोतवाली थानाक्षेत्र के जाटव गेट के रहने वाले वासेगाजी का बताया जा रहा है। बताया जा रहा है वासेगाजी ने यह स्विमिंग पूल श्याम नगर गली नंबर-2 के रहने वाले वसीम को ठेके पर दे रखा है। रविवार देर शाम तारापुरी आरा मशीन वाली गली निवासी युसूफ उर्फ लाल का 7 साल का बेटा आकिल खेलते हुए अचानक स्विमिंग पूल के पास पहुंच गया। जहां पूल में डूबने से आकिल की मौत हो गई। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, बच्चा काफी देर तक पानी से बाहर नहीं निकला, जिस पर ठेकेदार वसीम को शक हुआ। वसीम ने तुरंत स्विमिंग पूल के अंदर जाकर देखा तो बच्चा पानी में डूबा हुआ मिला। यह देखकर मौके पर अफरा-तफरी मच गई। आनन-फानन में बच्चे को निकालकर हापुड़ रोड स्थित मैक्स हॉस्पिटल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। सूचना पर थाना पुलिस मौके पर पहुंची है मामले की जांच कर रही है। मृतक बच्चे की शिनाख्त आकिल पुत्र युसूफ उर्फ लाल के रूप में हुई है। पुलिस ने ठेकेदार को हिरासत में लिया पुलिस ने स्विमिंग पूल के ठेकेदार वसीम को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है। पुलिस यह भी जांच कर रही है कि स्विमिंग पूल में सुरक्षा के पर्याप्त इंतजाम थे या नहीं यह भी जांच हो रही है। युसूफ के तीन बच्चे हैं। सबसे बड़ी एक बेटी है, उसके बाद आकिल था इसके बाद तीसरे नंबर पर भी आकिल से छोटा एक और बेटा है। आकिल मानसिक दिव्यांग बताया जा रहा है। जो घर से बिना कुछ बताए अचानक बाहर निकल गया। बाद में उसकी मौत का समाचार परिवार को मिला है। बच्चे की मौत की सूचना से मां नरगिस, पिता युसूफ का रो रोकर बुरा हाल है। दोपहर से ही घर से गायब था आकिलमृतक आकिल के मौसेरे भाई सोहेले ने बताया कि हमें अचानक पता चला कि आकिल दोपहर से गुम था। गली में हमारे मास्टरजी रहते हैं उन्होंने हमें बताया कि हमारे खालू का बेटा इस तरह स्विमिंग पूल में डूबकर मर गया। हमने सोशल मीडिया पर भी आकिल की फोटो देखकर उसकी पहचान की है। अब हम सभी रिश्तेदार और मोहल्ले वाले यहां अस्पताल में पहुंचे हैं।
पूर्णिया में एक युवक ने सुसाइड किया:बारात की गाड़ी में जगह नहीं मिलने से नाराज था, घर लौट कर दी जान
पूर्णिया में एक युवक ने सुसाइड कर लिया। युवक शादी में शामिल होने के लिए घर से निकला था, पर बारात की गाड़ी में उसे जगह नहीं मिली। युवक इसी बात से नाराज हो गया। घर आकर उसने आत्महत्या कर ली। मृतक परेरा पंचायत के वार्ड-7 कामत टोला परेरा निवासी विलास मिस्त्री का बेटा अमित कुमार मिस्त्री (19) है। घटना केनगर थाना क्षेत्र की है। पूर्णिया में एक युवक ने मामूली बात पर फांसी के फंदे से लटककर सुसाइड कर लिया। युवक शादी में जाने के लिए अपने घर से निकला। मगर बारात की गाड़ी में उसे जगह नहीं मिली। युवक इसी से आहत हो गया। घर आकर उसने आत्महत्या कर ली। इस घटना के बाद से घर वालों का रो-रोकर बुरा हाल है। वहीं, इतनी सी बात पर युवक के खौफनाक कदम उठाने से लोग हैरान हैं। गाड़ी में सीट नहीं मिलने पर नाराज था मामला केनगर थाना क्षेत्र का है। मृतक की पहचान परेरा पंचायत के वार्ड संख्या 7 स्थित सत्संग भवन कामत टोला परेरा निवासी विलास मिस्त्री के 19 साल के बेटे अमित कुमार मिस्त्री के रूप में हुई है। घटना की जानकारी देते हुए मृतक के पिता विलास मिस्त्री ने बताया पड़ोस में एक युवक की शादी हो रही थी। शादी समारोह में शामिल होने के लिए अमित कुमार बारात के लिए घर से निकला। बारात की गाड़ी में उसे सीट नहीं मिली तो केनगर पेट्रोल पंप के पास से वह लौटकर अपने घर आ गया। घर आने के बाद वो अजीब सा व्यवहार करने लगा। पिता और अन्य परिजन ने उसे समझाया। लेकिन बारात में नहीं जाने और सीट नहीं मिलने से वह गुस्साया हुआ था। उसने इसे अपने स्वाभिमान से जोड़ लिया। अपने अपमान को भुला नहीं पा रहा था। रात में मौका पाकर घर के अंदर चला गया और गले में फंदा लगा कर खुदकुशी कर ली। अमित दो भाइयों में बड़ा था। उसकी दो बहनें भी हैं। घटना के बाद के घर चीख-पुकार मची हुई है। माता-पिता और परिजनों का रो-रो कर लग हाल है। पोस्टमार्टम से किया इनकार सूचना पाकर केनगर थाना पुलिस घटना स्थल पहुंची और जांच पड़ताल की। मृतक के परिजनों के आग्रह पर पुलिस की ओर से आवश्यक कार्रवाई करते हुए बिना पोस्टमार्टम के ही शव को अंतिम संस्कार की सहमति दे दी।
कलेक्टर की फटकार के बाद मैहर अस्पताल में सफाई:बाथरूम, वार्ड और परिसर की नालियां से निकाला कचरा
मैहर के सिविल अस्पताल में कलेक्टर बिदिशा मुखर्जी के निरीक्षण के बाद अब व्यवस्थाएं सुधरने लगी हैं। कलेक्टर ने अस्पताल में गंदगी देख जो सख्ती दिखाई थी, उसका असर रविवार को साफ नजर आया। अस्पताल प्रबंधन ने अपनी गलतियों को सुधारते हुए पूरे परिसर को चमकाने का काम शुरू कर दिया है। कलेक्टर के कड़े रुख के बाद सफाई ठेकेदार ने रविवार को सुबह से ही मोर्चा संभाल लिया। अस्पताल के बाथरूम, वार्ड और लॉबी की सफाई के लिए प्रेशर पंप मशीनों का इस्तेमाल किया गया। लंबे समय से जमी गंदगी और दाग-धब्बों को हटाने के लिए खास तरह के सैनिटाइजर और केमिकल का प्रयोग किया गया। करीब आधा दर्जन सफाईकर्मी दिनभर पसीना बहाते रहे, जिससे अस्पताल का कोना-कोना साफ नजर आने लगा। कचरे और गंदगी का हुआ निपटारा अस्पताल परिसर में इधर-उधर बिखरी सूखी पत्तियों, पुराने कचरे और गंदगी को भी पूरी तरह हटा दिया गया है। सफाईकर्मियों ने कचरा इकट्ठा कर उसे निर्धारित डंपिंग यार्ड में भिजवाया। कलेक्टर की इस सख्ती से अस्पताल अब पहले के मुकाबले काफी ज्यादा व्यवस्थित और साफ-सुथरा दिखने लगा है। दलालों पर लगाम कसने की तैयारी सफाई के साथ-साथ अस्पताल में एक और बड़ी समस्या पर नजर रखी जा रही है। अस्पताल परिसर में कुछ ऐसे लोग सक्रिय हैं, जो सरकारी अस्पताल आए मरीजों को बहला-फुसलाकर प्राइवेट अस्पतालों में ले जाते हैं। इस दलाली की शिकायतों को देखते हुए अब परिसर में सुरक्षा गार्डों की तैनाती की गई है। प्रशासन की कोशिश है कि गरीब मरीजों को इलाज के नाम पर गुमराह न किया जा सके और उन्हें सरकारी अस्पताल में ही पूरी सुविधाएं मिलें।
राजस्थान के पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के 75वें जन्मदिवस पर कांग्रेसजनों ने सामाजिक सरोकार और सेवा कार्य किए। साथ ही यज्ञ का आयोजन भी किया गया। महिला कांग्रेस की तरफ से सरदारपुर के एक होटल में गहलोत की राजनीतिक यात्रा को लेकर प्रदर्शनी आयोजित की गई। महिला कांग्रेस की प्रदेश महासचिव विमल जलवानिया ने बताया- प्रदर्शनी के जरिए पूर्व मुख्यमंत्री के सेवा समर्पण को दिखाया गया। चिकित्सा और रक्तदान शिविर का हुआ आयोजन शहर जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष ओमकार वर्मा ने कहा- भारत सेवा संस्थान में चिकित्सा शिविर और रक्तदान शिविर का आयोजन किया गया। शहर जिला कांग्रेस कमेटी के विभिन्न प्रकोष्ठों और ब्लॉक अध्यक्ष द्वारा गायों को लापसी हरा चारा, पक्षियों के लिए परिंडे लगाना आदि बहुत से सामाजिक सरोकार के कार्य किए गए। यज्ञ का हुआ आयोजन इस मौके पर विशिष्ट भैरव पूजन का आयोजन किया गयाI राजस्थान राज्य मेला प्राधिकरण के उपाध्यक्ष पूर्व राज्यमंत्री रमेश बोराणा एवं राजस्थान संगीत नाटक अकादमी की पूर्व अध्यक्ष बिनाका मालू ने सिद्ध नाकोड़ा भैरव नाथ का पूजन किया। आर्य समाज पाबूपुरा में यज्ञ का आयोजन, चित्रकला प्रतियोगिता का आयोजन जैसे अनेकों सामाजिक सरोकार के कार्य किए गए। बच्चों को आइसक्रीम बांटी एनएसयूआई कार्यकर्ताओं ने जिलाध्यक्ष डॉ. बबलू सोलंकी के नेतृत्व में मंडोर आंगनवा माता का थान स्थित मानसिक विमंदित छात्रावास में बच्चों एवं भाई-बहनों के साथ समय बिताया। कार्यकर्ताओं ने सभी को आइसक्रीम बांटी। जोधपुर शहर जिला कांग्रेस कमेटी के प्रवक्ता डॉ.संजय गौड़ ने बताया- पूर्व राज्य मंत्री राजेंद्र सिंह सोलंकी, पूर्व विधायक मनीषा पंवार, पूर्व महापौर कुंती देवड़ा, नरेश जोशी, सलीम खान आदि मौजूद रहे।
कोटा शहर के नयापुरा थाने के आसूचना अधिकारी मुनेश चौधरी को लाइन हाजिर किया गया है। यह कार्रवाई सिटी एसपी तेजस्विनी गौतम के निर्देश पर की गई। मामले की जांच डीएसपी पूनम चौहान को सौंपी गई है। जानकारी के अनुसार- भरतपुर जिले के भुसावर थाना क्षेत्र में कुछ दिन पहले जाट और सैनी समाज के बीच विवाद हुआ था। इसी दौरान नाकाबंदी के समय पुलिस ने एक स्कॉर्पियो गाड़ी को रोकने का प्रयास किया। आरोप है कि वाहन में सवार लोगों ने पुलिसकर्मियों से बहस और झगड़ा किया। इस मामले में मुनेश चौधरी का नाम भी सामने आया है। भुसावर थाना अधिकारी रामदयाल मीणा ने बताया- शिकायत मिलने के बाद मामले की जांच की जा रही है। सैनी समाज की ओर से भी शिकायत दर्ज कराई गई है, जिसके आधार पर तथ्यों की पड़ताल जारी है। कोटा सिटी एसपी तेजस्विनी गौतम ने बताया कि प्रारंभिक शिकायतों और जांच के मद्देनजर मुनेश चौधरी को तत्काल प्रभाव से लाइन हाजिर किया गया है। जांच पूरी होने तक उन्हें वर्तमान पद से हटाया गया है। डीएसपी पूनम चौहान ने बताया- मुनेश चौधरी के खिलाफ दुराचरण की शिकायत प्राप्त हुई है। मामले के सभी पहलुओं की जांच की जा रही है। जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
डॉ अंबेडकर नर्सेज वेलफेयर सोसायटी (अनवस) राजस्थान के प्रदेश अध्यक्ष के चुनाव आज जयपुर के झालाना डूंगरी अंबेडकर मेमोरियल संस्थान में हुए। इस चुनाव में पाली के सुगन राम गौड़ सर्वसम्मति से निर्विरोध प्रदेशाध्यक्ष चुने गए। निर्वाचन मंडल के चेयरमैन शेरसिंह मोरदिया ने बताया- चुनाव प्रक्रिया में प्रदेशाध्यक्ष पद के लिए कुल 6 आवेदन मिले, जिसमे से दो आवेदन पत्र में गलत प्रविष्ठि और दस्तावेज कमी के कारण निरस्त कर दिए। शेष 4 में से 3 उम्मीदवारों ने अपनी दावेदारी वापस ले ली। अंतिम शेष एक आवेदन पत्र सुगन राम गौड़ का रहा जिनको सर्वसम्मति से निर्विरोध प्रदेशाध्यक्ष चुना गया। निर्वाचन मंडल के शेरसिंह मोरदिया, सुनीता बैरवा और गुलाब सिंह कुलदीप ने नव निर्वाचित प्रदेशाध्यक्ष गौड़ को पद एवं गोपनीयता की शपथ दिलाई। चुनाव प्रक्रिया में पूर्व प्रदेशाध्यक्ष शुगर सिंह जाटव, जयश्री यादव, अनिता उदावत समेत प्रदेश के समस्त जिलों के लगभग 400 से अधिक नर्सेज ने भाग लिया।
गोरखपुर में सोमवार को कई इलाकों में बिजली कटौती:मोहद्दीपुर और खोराबार में होगा काम, सहयोग की अपील
गोरखपुर में सोमवार को विद्युत व्यवस्था से जुड़े रखरखाव और विकास कार्यों के कारण कई इलाकों में बिजली आपूर्ति बाधित रहेगी। मोहद्दीपुर और खोराबार उपकेंद्रों पर होने वाले कार्यों के चलते उपभोक्ताओं को परेशानी का सामना करना पड़ सकता है। मोहद्दीपुर उपकेंद्र पर नए पैनल लगाने का कार्य किया जाएगा। इस वजह से उपकेंद्र से जुड़े क्षेत्रों में सुबह 11:00 बजे से शाम 3:00 बजे तक विद्युत आपूर्ति बंद रहेगी। इसी तरह, खोराबार में रोड चौड़ीकरण और लाइन शिफ्टिंग का काम होगा। इसके चलते खोराबार विद्युत उपकेंद्र के 11 केवी सूबा बाजार फीडर से जुड़े इलाकों में सुबह 11:00 बजे से शाम 4:00 बजे तक बिजली आपूर्ति प्रभावित रहेगी। विद्युत विभाग ने उपभोक्ताओं से अपील की है कि वे पानी जैसी दैनिक जरूरतों के लिए पहले से आवश्यक इंतजाम कर लें। विभाग के अनुसार, दोनों स्थानों पर कार्य पूरा होने के बाद आपूर्ति सामान्य रूप से बहाल कर दी जाएगी।
मगही भाषा को संवैधानिक दर्जा दिलाने की मांग को लेकर चल रहे आंदोलन को नई दिशा मिली है। इसी क्रम में अरवल मोड़ पर एक मगही चौपाल का आयोजन किया गया। इसकी अध्यक्षता गौतम परासर ने की। यह चौपाल मगही आंदोलन से जुड़े लोगों के सहयोग से आयोजित की गई थी। इस अवसर पर वक्ताओं ने घोषणा की कि मगही चौपाल का आयोजन अब हर गांव में किया जाएगा। इसका उद्देश्य अधिक से अधिक लोगों को इस आंदोलन से जोड़ना है। कार्यक्रम की शुरुआत विश्वजीत अलबेला द्वारा सरस्वती वंदना से हुई। सन्नी कश्यप ने मगध क्षेत्र और मगही भाषा के महत्व पर प्रकाश डाला। समाजवादी नेता संजय कुमार ने भी मगही भाषा के लिए चल रहे आंदोलन पर अपने विचार व्यक्त किए। वक्ताओं ने स्पष्ट किया कि मगही भाषा की अनदेखी अब स्वीकार्य नहीं होगी। उन्होंने लोगों से जनगणना में अपनी मातृभाषा के रूप में मगही दर्ज कराने की अपील की। साथ ही, युवा पीढ़ी को मगही भाषा के अध्ययन के लिए प्रेरित किया गया। कार्यक्रम के संयोजक गौतम परासर ने बताया कि यह अभियान मगही भाषी क्षेत्रों के हर गांव तक पहुंचाया जाएगा और लोगों को जागरूक किया जाएगा। इस अवसर पर प्रोफेसर दिलीप कुमार, विनय कुमार विद्यार्थी, अशोक कुमार, अजय कुमार, कमलेश शर्मा सहित कई गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे।
राष्ट्रहित व्यापार मंडल का शपथ ग्रहण समारोह:लखनऊ के यूपी प्रेस क्लब में प्रेसवार्ता हुई
लखनऊ के यूपी प्रेस क्लब में राष्ट्रहित व्यापार मंडल का शपथ ग्रहण समारोह और प्रेस वार्ता आयोजित की गई। कार्यक्रम की शुरुआत राष्ट्रीय अध्यक्ष सर्वजीत सिंह सूर्यवंशी ने दीप प्रज्वलित कर की। समारोह में नवनियुक्त प्रदेश अध्यक्ष सुनील सिंह सहित सभी पदाधिकारियों ने पद और गोपनीयता की शपथ ली। शपथ ग्रहण के बाद सुनील सिंह ने संगठन को प्रदेश के हर कोने तक मजबूत करने का आश्वासन दिया। उन्होंने कहा कि संगठन व्यापारियों के हितों की रक्षा और उनकी समस्याओं के समाधान के लिए ठोस कदम उठाएगा। राष्ट्र निर्माण में भागीदारी ही संगठन का मुख्य उद्देश्य इस अवसर पर राष्ट्रीय अध्यक्ष सर्वजीत सिंह सूर्यवंशी ने कहा कि व्यापारियों के हितों की रक्षा करते हुए राष्ट्र निर्माण में भागीदारी ही संगठन का मुख्य उद्देश्य है। संगठन के उपाध्यक्ष रामनरेश आरती ने व्यापारिक एकता को समय की आवश्यकता बताया। वहीं, संगठन महामंत्री मनोज सिंह रघुवंशी ने विश्वास दिलाया कि संगठन गांव से लेकर प्रदेश स्तर तक हर व्यापारी की आवाज बनेगा। ये मौजूद रहे कार्यक्रम का संचालन मंडल अध्यक्ष लखनऊ संजय वर्मा ने किया, जबकि अध्यक्षता प्रदेश अध्यक्ष सुनील सिंह ने की। अंत में उन्होंने सभी आगंतुकों, पदाधिकारियों और मीडिया प्रतिनिधियों का आभार व्यक्त किया। इस मौके पर संजय वर्मा, मलिक मोहम्मद, मोहम्मद हनीफ, विनोद वर्मा, राजदीप श्रीवास्तव, किरण शुक्ला, अनुपमा सिंह, अतुल सिंह, विनीता श्रीवास्तव, बबिता ओबेरॉय सहित सैकड़ों व्यापारी और गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।
बोरवेल वाहन ने तीन लोगों को कुचला:शहडोल में मां-बेटे की मौत; 10 साल की बच्ची की हालत नाजुक
शहडोल जिले के ब्यौहारी इलाके में रविवार की शाम एक तेज रफ्तार बोरवेल मशीन (गाड़ी) ने सड़क पर पैदल जा रहे एक परिवार को अपनी चपेट में ले लिया। इस भीषण टक्कर में एक महिला और उसके 6 साल के बेटे की जान चली गई, जबकि एक 10 साल की बच्ची की हालत नाजुक बनी हुई है। सूखा गांव की रहने वाली अंशु उर्मिलिया (30 वर्ष) अपने बेटे राधा रमन और एक रिश्तेदार की बच्ची आस्था तिवारी के साथ पैदल घर की तरफ जा रही थीं। इसी दौरान पीछे से आ रही एक अनियंत्रित बोरवेल गाड़ी ने उन्हें जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि महिला गाड़ी के टायर के नीचे ही दब गई और उसने मौके पर ही दम तोड़ दिया। अस्पताल में मासूम ने तोड़ा दम हादसे के तुरंत बाद घायल 6 साल के मासूम राधा रमन को अस्पताल ले जाया गया, लेकिन डॉक्टर की लाख कोशिशों के बावजूद उसे बचाया नहीं जा सका। वहीं, घायल बच्ची आस्था तिवारी का इलाज अभी अस्पताल में चल रहा है, जहां उसकी हालत गंभीर बताई जा रही है। एक ही परिवार के दो लोगों की मौत की खबर सुनते ही पूरे गांव में मातम है। पुलिस ने शुरू की चालक की तलाश हादसे की खबर मिलते ही ब्यौहारी थाना पुलिस और एसडीओपी मौके पर पहुंचे। पुलिस ने महिला का शव गाड़ी के नीचे से निकालकर पोस्टमार्टम के लिए भिजवाया। पुलिस ने फरार गाड़ी चालक के खिलाफ केस दर्ज कर लिया है और उसकी तलाश में जुट गई है।
लखनऊ में गोमतीनगर स्थित गायत्री शक्तिपीठ परिसर में रविवार को आध्यात्मिक माहौल के बीच पांच बालकों का उपनयन संस्कार विधि-विधान से संपन्न हुआ। संस्कार में पहुंचे परिवारों ने ब्रह्मचारियों को आशीर्वाद दिया। संस्कार को आचार्य विश्वनाथ शुक्ला ने वैदिक मंत्रोच्चार के साथ संपन्न कराया। इस दौरान उपस्थित अभिभावकों ने इस पावन परंपरा की सराहना करते हुए इसे बच्चों के जीवन में संस्कारों की मजबूत नींव बताया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में परिवारों और श्रद्धालुओं ने भाग लिया। सभी ने पूरे उत्साह के साथ संस्कार की प्रत्येक विधि में सहभागिता निभाई, जिससे माहौल पूरी तरह भक्तिमय बना रहा।स अवसर पर आचार्य विश्वनाथ शुक्ला ने उपनयन संस्कार के महत्व को समझाते हुए कहा कि यह केवल एक धार्मिक अनुष्ठान नहीं, बल्कि बच्चों को अनुशासन, ज्ञान और जिम्मेदारी की ओर अग्रसर करने का महत्वपूर्ण संस्कार है।
दंगे की सूचना पर 10 मिनट में पहुंची पुलिस:एसएसपी ने परखी जिले पुलिस की आपातकालीन तत्परता
फिरोजाबाद में रविवार देर शाम पुलिस ने एक मॉक ड्रिल का आयोजन किया, जिसमें सांप्रदायिक दंगे की फर्जी सूचना पर पुलिस की प्रतिक्रिया का परीक्षण किया गया। थाना दक्षिण क्षेत्र की नई बस्ती में दंगे की सूचना मिलते ही जनपद पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया। कई थानों का पुलिस बल 5 से 10 मिनट के भीतर मौके पर पहुंच गया और क्षेत्र पुलिस छावनी में तब्दील हो गया। यह मॉक ड्रिल एसएसपी आदित्य लांग्हे के निर्देशन में आयोजित की गई थी। इसका मुख्य उद्देश्य संवेदनशील परिस्थितियों में पुलिस की त्वरित कार्रवाई, समन्वय और भीड़ नियंत्रण क्षमताओं का परीक्षण करना था। नई बस्ती में सांप्रदायिक तनाव और दंगा भड़कने की सूचना वायरलेस सेट के माध्यम से प्रसारित होते ही कंट्रोल रूम से सभी संबंधित थानों को तुरंत अलर्ट कर दिया गया। सूचना मिलते ही थाना दक्षिण, थाना उत्तर और आसपास के कई थानों की पुलिस टीमें सायरन बजाती हुई घटनास्थल पर पहुंचीं। पुलिसकर्मियों ने तुरंत क्षेत्र की घेराबंदी की, अपने मोर्चे संभाले और स्थिति को नियंत्रित करने की रणनीति अपनाई। पुलिस की इस त्वरित प्रतिक्रिया को देखकर स्थानीय लोग भी कुछ देर के लिए सहम गए और बड़ी संख्या में अपने घरों से बाहर निकल आए। इस अभ्यास के दौरान एसपी सिटी रविशंकर प्रसाद और सीओ सिटी प्रवीण तिवारी मौके पर मौजूद रहे। दोनों अधिकारियों ने पुलिस बल की गतिविधियों, घटनास्थल पर पहुंचने में लगे समय, भीड़ नियंत्रण की तैयारियों, वायरलेस रिस्पॉन्स और आपसी तालमेल का बारीकी से निरीक्षण किया। उन्होंने यह भी परखा कि किसी भी संभावित सांप्रदायिक स्थिति में बल को कैसे तैनात किया जाए और हालात बिगड़ने से पहले नियंत्रण कैसे स्थापित किया जाए। सूत्रों के अनुसार, एसएसपी आदित्य लांग्हे जनपद पुलिस को हर परिस्थिति के लिए हाई अलर्ट मोड में रखना चाहते हैं। इसी उद्देश्य से बिना पूर्व सूचना के यह मॉक ड्रिल आयोजित की गई, ताकि पुलिसकर्मियों की सतर्कता और तत्परता का आकलन किया जा सके। अभ्यास के दौरान यह भी जांचा गया कि सूचना मिलने के बाद कौन सी टीम कितनी जल्दी घटनास्थल तक पहुंचती है और वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देशों का पालन किस दक्षता से होता है।
लखनऊ के गोमती नगर स्थित जैन मंदिर में रविवार को आगामी पारस धाम पंचकल्याणक महोत्सव के मुख्य पात्रों का भव्य सम्मान समारोह आयोजित किया गया। इस दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं की उपस्थिति देखी गई, जिससे पूरा वातावरण भक्तिमय हो गया। यह पंचकल्याणक महोत्सव 24 जून से 29 जून तक पट्टाचार्य शिरोमणि आचार्य 108 विशुद्ध सागर महाराज के सान्निध्य में आयोजित किया जाएगा। इस दौरान भगवान आदिनाथ की 21 फीट ऊंची प्रतिमा की प्रतिष्ठा की जाएगी, जो श्रद्धालुओं के लिए मुख्य आकर्षण का केंद्र होगी। महोत्सव की तैयारियां जोर-शोर से चल रही हैं। महोत्सव समिति काकोरी ने मुख्य पात्रों को सम्मानित किया सम्मान समारोह में श्री 1008 चंद्रप्रभु जैन सेवा संस्थान और प्रतिष्ठा महोत्सव समिति काकोरी ने मुख्य पात्रों को सम्मानित किया। इनमें माता-पिता के रूप में ऋषभ जैन, सौधर्म इंद्र के रूप में विशाल जैन, कुबेर के रूप में रोहित जैन और ईशान इंद्र के रूप में अरिंजय जैन शामिल थे। डॉ. सारांश, अम्बरीष जैन, अनीता सुधीर जैन, आलोक, पीयूष और संजय जैन सहित कई अन्य पात्रों का भी अभिनंदन किया गया। इसी अवसर पर भारत वर्षीय दिगंबर जैन तीर्थक्षेत्र कमेटी के राष्ट्रीय अध्यक्ष जंबू प्रसाद जैन की अध्यक्षता में एक महत्वपूर्ण बैठक भी आयोजित की गई। बैठक में देशभर के जैन तीर्थों और मंदिरों पर हो रहे अतिक्रमण तथा उनके संरक्षण के उपायों पर गंभीर चर्चा हुई। इस दौरान समाज के कई वरिष्ठ पदाधिकारी और गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे। अहिंसा और शाकाहार अपनाने का संदेश दिया इस बीच, आचार्य 108 सुबल सागर महाराज ससंघ का सहादतगंज से पद विहार करते हुए डालीगंज जैन मंदिर में भव्य आगमन हुआ। महावीर पार्क से निकाले गए जुलूस में बैंड-बाजों के साथ बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल हुए, जिससे पूरा क्षेत्र भक्तिमय हो गया। अपने प्रवचन के दौरान आचार्य सुबल सागर महाराज ने अहिंसा और शाकाहार अपनाने का संदेश दिया। उन्होंने कहा कि जीवन में सच्ची शांति इन्हीं मूल्यों के पालन से प्राप्त होती है। इस अवसर पर विकास जैन ने पाद-प्रक्षाल किया और विशाल जैन ने शास्त्र भेंट किया। कार्यक्रम में समाज के कई प्रमुख लोग उपस्थित थे, जिन्होंने धार्मिक आयोजन को सफल बनाने का संकल्प लिया।
दमोह कलेक्टर प्रताप नारायण यादव ने रविवार शाम को गेहूं खरीदी की व्यवस्थाओं को लेकर अफसरों के साथ बड़ी बैठक की। कलेक्टर ने कहा कि गेहूं बेचने आने वाले किसानों को किसी भी तरह की दिक्कत नहीं होनी चाहिए। उन्होंने साफ किया कि गेहूं की तौल सही हो, काम के बदले कोई पैसा न मांगे और किसानों को उनकी रसीद तुरंत दी जाए। कलेक्टर ने बताया कि शनिवार को जब उन्होंने केंद्रों का दौरा किया, तो वहां काफी अव्यवस्था मिली थी। किसानों ने शिकायत की थी कि उन्हें परेशान किया जा रहा है और काम में लापरवाही हो रही है। इसे गंभीरता से लेते हुए प्रशासन ने समिति प्रबंधक, कंप्यूटर ऑपरेटर, वेयरहाउस मालिक और वेयरहाउसिंग कॉरपोरेशन के कर्मचारियों के खिलाफ FIR दर्ज करवा दी है। चंपत पिपरिया केंद्र में बदला पूरा स्टाफ निरीक्षण के दौरान चंपत पिपरिया केंद्र में जगह की काफी कमी पाई गई थी, जिसे देखते हुए कलेक्टर ने तुरंत वहां एक बड़ा परिसर उपलब्ध कराया। इतना ही नहीं, वहां के पुराने स्टाफ को हटाकर नए प्रबंधक और ऑपरेटरों की नियुक्ति कर दी गई है, ताकि किसानों को किसी भी तरह की असुविधा न हो और काम समय पर पूरा हो सके। किसानों से की कंट्रोल रूम में शिकायत की अपील कलेक्टर यादव ने किसानों से सीधे कहा है कि अगर उनसे कोई अवैध वसूली (पैसे की मांग) करता है या गेहूं की तौल में हेराफेरी करता है, तो वे डरे नहीं। किसान तुरंत कंट्रोल रूम में इसकी शिकायत करें। उन्होंने भरोसा दिलाया कि शिकायत मिलते ही दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी। केंद्रों पर सुविधाएं देने के निर्देश बैठक में कलेक्टर ने सभी प्रभारियों को निर्देश दिए कि केंद्रों पर भीषण गर्मी को देखते हुए छाया और ठंडे पानी का इंतजाम रखा जाए। उन्होंने चेतावनी दी कि अगर कहीं भी नियमों की अनदेखी मिली, तो जिम्मेदार लोगों को बख्शा नहीं जाएगा। बैठक में अपर कलेक्टर मीना मसराम और अन्य विभागों के बड़े अधिकारी भी मौजूद रहे।
ग्रेटर नोएडा के दनकौर कोतवाली क्षेत्र के देवटा गांव में एक जन्मदिन पार्टी के दौरान एक युवक पर फायरिंग की गई। युवक बाल-बाल बच गया। रविवार को पीड़ित पक्ष की शिकायत पर पुलिस ने एक नामजद सहित चार आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। देवटा गांव निवासी जगतपाल भाटी ने पुलिस को बताया कि शनिवार रात उनके बेटे मयंक का जन्मदिन था। घर पर परिवार और परिचितों के बीच जन्मदिन की पार्टी चल रही थी। इसी दौरान एक कार में सवार होकर चार युवक वहां पहुंचे। आरोप है कि कार से उतरे युवकों ने मयंक के साथ गाली-गलौज शुरू कर दी। विरोध करने पर एक आरोपी ने मयंक पर जान से मारने की नीयत से गोली चला दी। हालांकि, गोली मयंक को नहीं लगी और वह सुरक्षित बच गया। फायरिंग की आवाज सुनते ही मौके पर अफरा-तफरी मच गई। परिवार के लोग और आसपास के ग्रामीण बाहर निकल आए। खुद को घिरता देख आरोपी कार में सवार होकर मौके से फरार हो गए। पीड़ित पक्ष का आरोप है कि भागने के दौरान मयंक ने एक आरोपी को पहचान लिया, जिसकी पहचान हापुड़ निवासी अरुण नागर के रूप में हुई है। पुलिस के अनुसार, प्रारंभिक जांच में यह मामला पुरानी रंजिश का सामने आया है। इसी रंजिश के चलते घटना को अंजाम दिया गया। कोतवाली पुलिस ने बताया कि पीड़ित की शिकायत पर अरुण नागर सहित चार आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। फरार आरोपियों की तलाश की जा रही है और उन्हें जल्द गिरफ्तार कर जेल भेजा जाएगा।
राजनांदगांव जिले के गैंदाटोला थाना क्षेत्र अंतर्गत ग्राम मातेखेड़ा में एक 13 वर्षीय नाबालिग की ट्रैक्टर ट्रॉली पलटने से मौत हो गई। इस मामले में पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए ट्रैक्टर ड्राइवर और मालिक को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपियों पर गैर-इरादतन हत्या और सबूत छुपाने जैसी गंभीर धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है। पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, प्रार्थी रघुवीर सिंह मंडावी ने 30 अप्रैल को अपने बेटे भावेश मंडावी के लापता होने की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। पता चला कि गांव का ही जशवंत नेताम उसे बिना बताए ट्रैक्टर में बैठाकर ले गया था। सुबह तक बालक के घर न लौटने पर परिजनों ने अपहरण की आशंका जताई थी। जांच के दौरान पुलिस ने संदेही जशवंत नेताम को हिरासत में लेकर पूछताछ की। जशवंत ने बताया कि वह ट्रैक्टर मालिक ओमप्रकाश साहू के खेत समतलीकरण के लिए मिट्टी लोडिंग-अनलोडिंग का काम कर रहा था। नाबालिग से जोखिम भरा काम कराया आरोपियों ने जोखिम भरा काम जानते हुए भी नाबालिग भावेश से ट्रॉली का हुक खुलवाया। इसी दौरान ट्रैक्टर को आगे-पीछे करते समय ट्रॉली पलट गई और बालक उसके नीचे दब गया, जिससे मौके पर ही उसकी मौत हो गई। हादसे के बाद शव को खेत में फेंका हादसे के बाद आरोपी ड्राइवर जशवंत और मालिक ओमप्रकाश साहू ने पकड़े जाने के डर से शव को ठिकाने लगाने की साजिश रची। दोनों ने बालक के शव को ट्रैक्टर ट्रॉली में लादा और घटनास्थल से करीब 3 किलोमीटर दूर ग्राम केशोटोला के एक खेत में फेंक दिया। पुलिस ने आरोपियों की निशानदेही पर क्षत-विक्षत शव बरामद कर पोस्टमार्टम के लिए भेजा। पुलिस अधीक्षक अंकिता शर्मा के निर्देश पर टीम ने घेराबंदी कर दोनों आरोपियों को गिरफ्तार किया। गिरफ्तार किए गए लोगों में जशवंत नेताम (25 वर्ष) ट्रैक्टर ड्राइवर और ओमप्रकाश साहू (35 वर्ष) ट्रैक्टर मालिक शामिल हैं। पुलिस ने घटना में इस्तेमाल दोनों ट्रैक्टर भी जब्त कर लिए हैं।
सुपौल नगर परिषद क्षेत्र में एक दर्दनाक सड़क हादसे ने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया। जिला अतिथि गृह के समीप अज्ञात स्कॉर्पियो की जोरदार टक्कर में बाइक सवार एक युवक की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि दूसरा गंभीर रूप से घायल हो गया। प्राप्त जानकारी के अनुसार, गौरवगढ़ वार्ड नंबर 4 निवासी मनोज राम का 18 वर्षीय पुत्र अभिषेक कुमार अपने चाचा शुक्कन राम के 14 वर्षीय पुत्र इंद्रजीत कुमार को मोटरसाइकिल पर बैठाकर लोहिया नगर चौक की ओर जा रहा था। इसी दौरान जिला अतिथि गृह के पास तेज रफ्तार से आ रही एक अज्ञात स्कॉर्पियो ने उनकी बाइक को जोरदार टक्कर मार दी। घायल इंद्रजीत को तुरंत सदर अस्पताल सुपौल पहुंचाया टक्कर इतनी भीषण थी कि अभिषेक कुमार की घटनास्थल पर ही मौत हो गई, जबकि इंद्रजीत कुमार गंभीर रूप से घायल हो गया। हादसे के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई। स्थानीय लोगों ने तत्परता दिखाते हुए घायल इंद्रजीत को तुरंत सदर अस्पताल सुपौल पहुंचाया, जहां डॉक्टरों ने प्राथमिक उपचार के बाद उसकी नाजुक हालत को देखते हुए बेहतर इलाज के लिए हायर सेंटर रेफर कर दिया। घटना की सूचना मिलते ही मृतक के परिजन मौके पर पहुंचे और अभिषेक की मौत से परिवार में कोहराम मच गया। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। वहीं, पुलिस को सूचना मिलते ही मौके पर पहुंचकर मामले की जांच शुरू कर दी गई है और फरार स्कॉर्पियो चालक की तलाश की जा रही है। सदर थानाध्यक्ष का कहना है कि पुलिस जांच और आवश्यक कार्रवाई में जुट गई है।
गोरखपुर में जेसीआई मिडटाउन की ओर से एक होटल में “चार्टर नाइट 2026” का आयोजन किया गया। गोवा थीम पर आयोजित इस कार्यक्रम में संस्था के सदस्य, पदाधिकारी और अतिथि बड़ी संख्या में शामिल हुए। कार्यक्रम स्थल को गोवा थीम के अनुसार सजाया गया था, जहां रंग-बिरंगी सजावट और संगीत ने माहौल को खास बना दिया। आयोजन की शुरुआत से लेकर अंत तक उत्साह बना रहा। सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने बांधा समा कार्यक्रम के दौरान बच्चों की नृत्य प्रस्तुतियां आकर्षण का केंद्र रहीं। प्रस्तुति के दौरान दर्शकों ने तालियों से उत्साह बढ़ाया और पूरे आयोजन में ऊर्जा बनी रही। कार्यक्रम में संस्था के पूर्व अध्यक्षों और पूर्व चेयरपर्सन्स की मौजूदगी रही। साथ ही अध्यक्ष सीए सौरभ अग्रवाल, चेयरपर्सन तान्या जायसवाल सहित अन्य पदाधिकारी और सदस्य भी उपस्थित रहे। प्रतियोगिताओं और गतिविधियों में दिखी भागीदारी कार्यक्रम में किंग व क्वीन प्रतियोगिता, सर्वश्रेष्ठ दंपत्ति सम्मान, तंबोला और उपहार वितरण जैसी गतिविधियां आयोजित की गईं। प्रतिभागियों ने इन कार्यक्रमों में बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। कार्यक्रम का संचालन अभय अग्रवाल, रौनक केजरीवाल, प्रियांका अग्रवाल, काजल जायसवाल और बितू जालान ने किया। आयोजन को सुव्यवस्थित तरीके से संपन्न कराया गया। आयोजन के दौरान आपसी सहयोग और सामाजिक जुड़ाव का संदेश दिया गया। उपस्थित लोगों ने कार्यक्रम की सराहना करते हुए इसे सफल बताया। संस्था के सचिव किशन अग्रवाल ने सभी अतिथियों और मीडिया प्रतिनिधियों का धन्यवाद दिया। कार्यक्रम की जानकारी जनसंपर्क अधिकारी एचजीएफ विकास स्वरूप ने दी।
ललितपुर में रविवार को नीट की परीक्षा दो केंद्रों पर आयोजित की गई। इसमें कुल 14 परीक्षार्थी अनुपस्थित रहे। परीक्षा को शांतिपूर्ण और नकलविहीन संपन्न कराने के लिए प्रशासन ने व्यापक इंतजाम किए थे। परीक्षा दोपहर में शुरू होकर शाम पांच बजे समाप्त हुई। जनपद में राजकीय इंटर कॉलेज ललितपुर और जवाहर नवोदय विद्यालय दैलवारा को परीक्षा केंद्र बनाया गया था। राजकीय इंटर कॉलेज ललितपुर केंद्र पर कुल 475 परीक्षार्थी पंजीकृत थे। इनमें से 466 ने परीक्षा दी, जबकि 9 परीक्षार्थी अनुपस्थित रहे। इसी तरह, जवाहर नवोदय विद्यालय दैलवारा केंद्र पर पंजीकृत 336 परीक्षार्थियों में से 331 उपस्थित हुए और 5 परीक्षार्थी अनुपस्थित पाए गए। वहीं अभ्यर्थियों ने कहा बढ़िया पेपर आया था। परीक्षा केंद्रों पर पर्याप्त पुलिस बल तैनात किया गया था। जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक सहित ड्यूटी पर लगाए गए अधिकारी लगातार केंद्रों का जायजा लेते रहे, ताकि परीक्षा सकुशल संपन्न हो सके।
जहानाबाद शहर के अरवल मोड़ पर रविवार को मगही भाषा को संविधान की अष्टम अनुसूची में शामिल कराने और जनगणना में मातृभाषा के रूप में दर्ज कराने की मांग को लेकर एक चौपाल का आयोजन किया गया। इसमें बड़ी संख्या में लोगों ने भाग लिया। चौपाल में वक्ताओं ने मगही को केवल एक बोली नहीं, बल्कि पूरे मगध क्षेत्र की सांस्कृतिक पहचान बताया। उन्होंने लोगों से अपील की कि जनगणना के दौरान अपनी मातृभाषा के रूप में मगही का उल्लेख करें, ताकि इसकी वास्तविक स्थिति और महत्व सामने आ सके। मुख्य वक्ता प्रख्यात कवि सुधाकर राजेंद्र ने अपने संबोधन में कहा कि भाषा किसी भी समाज की आत्मा होती है और इसके बिना संस्कृति अधूरी है। उन्होंने मगही को उचित सम्मान दिलाने के लिए सामूहिक प्रयासों की आवश्यकता पर जोर दिया। कवि विश्वजीत कुमार अलबेला ने अपनी कविताओं के माध्यम से उपस्थित लोगों को भाषा के प्रति जागरूक किया। उन्होंने मगही की समृद्ध परंपरा और उसके महत्व को रेखांकित किया। इस कार्यक्रम में शोधकर्ता सन्नी कुमार कश्यप, अजय विश्वकर्मा, पूर्व विधानसभा प्रत्याशी संजय कुमार तथा गोल्ड मेडलिस्ट कमलेश कुमार सहित कई गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे। कार्यक्रम के संयोजक गौतम पाराशर के नेतृत्व में आयोजित इस चौपाल के अंत में सभी प्रतिभागियों ने संकल्प लिया कि मगही भाषा को अष्टम अनुसूची में शामिल कराने का अभियान भविष्य में भी लगातार जारी रखा जाएगा।
पूर्व सीएम अशोक गहलोत के समर्थकों ने 75वां जन्म दिन अलग अंदाज में बाड़मेर जिले के हापों की ढाणी गांव लीला कंवर के साथ मनाया। समर्थकों ने करंट से दोनों हाथ गवा चुकी लीलाकंवर से गहलोत के जन्मदिन का केक कटवाया। वहीं लीला कंवर ने पैर से पूर्व सीएम अशोक गहलोत की तस्वीर भी बनाई। इसके बाद पूर्व सीएम ने लीला कंवर से वीडियो कॉल से बात की। उसने बताया कि 2013 में उसके दोनों हाथ खुले तारों से करंट आने से कट गए थे। लेकिन इसके बाद साढे चार लाख मुआवजा मिला था। कुछ घर की बचत मिलाकर 5.50 लाख रुपए डबल करने के लालच में क्रेडिट कॉ-ऑपरेटिव सोसायटी में जमा करवा दिए। लेकिन सोसायटी ने पैसे नहीं दिए। लीला कंवर ने पूर्व सीएम को बताया कि मैंने 12 तक पढ़ाई की। फिर बीएसटीएसी कर ली। जब कॉलेज बिलाड़ा में मिली। जब वहां पर रिपोर्टिग करने के लिए गई तो उस कॉलेज ने मना कर दिया। पूर्व सीएम ने वीडियो कॉल में बच्ची को आश्वासन दिया कि आपकी हर संभव मदद की जाएगी। वहीं गहलोत के समर्थकों को बच्ची का पूरा डिटेल भेजने के लिए कहा गया है। पूर्व सीएम गहलोत से जुड़े किशोर राजपुरोहित ने बताया- मैं किसी काम से बाड़मेर आया हुआ था। तब मुझे मेरे परिचित दें लीलाकंवर की पेटिंग का वीडियो भेजा। मैंने पूर्व सीएम अशोक गहलोत को भेजा तब मुझे आज उन्होंने उसके घर पर जाने के लिए कहा गया। तब बच्ची को पूर्व सीएम अशोक गहलोत को जन्मदिन की जानकारी थी, तब उसने केट काटने की इच्छा जाहिर की। केक मंगवाया गया। सीएम ने लीला कंवर से की बातचीत सीएम अशोक गहलोत ने लीला कंवर और उसके पिता से वीडियो कॉल के जरिए बात की। पिता हाथीसिंह ने पूर्व सीएम से मदद करने का निवेदन किया। तब सीएम ने आश्वासन दिया कि पूरी मदद करेंगे।
जमुई जिले में रविवार को नीट यूजी परीक्षा कदाचार मुक्त और कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुई। इस परीक्षा में कुल 967 परीक्षार्थियों को शामिल होना था, जिनमें से 37 अनुपस्थित रहे। परीक्षा के लिए जिले में केकेएम कॉलेज और प्लस टू उच्च विद्यालय जमुई को केंद्र बनाया गया था। यह परीक्षा दोपहर 2 बजे से शाम 5 बजे तक एक ही पाली में आयोजित की गई। परीक्षार्थियों को दोपहर 1:30 बजे तक ही प्रवेश दिया गया जिला प्रशासन द्वारा परीक्षा को कदाचारमुक्त और पारदर्शी बनाने के लिए व्यापक दिशा-निर्देश जारी किए गए थे। केंद्रों पर प्रवेश से पहले, प्रत्येक परीक्षार्थी को तीन स्तरों की गहन जांच प्रक्रिया से गुजरना पड़ा। सख्त तलाशी के बाद ही उन्हें केंद्र के अंदर प्रवेश की अनुमति दी गई। परीक्षार्थियों को दोपहर 1:30 बजे तक ही प्रवेश दिया गया, जिसके बाद मुख्य द्वार बंद कर दिया गया। परीक्षा केंद्र के अंदर मोबाइल फोन, स्मार्टवॉच, ब्लूटूथ सहित किसी भी प्रकार के इलेक्ट्रॉनिक उपकरण या आपत्तिजनक सामग्री ले जाने पर पूर्ण प्रतिबंध था। कदाचार रोकने के लिए सभी परीक्षा केंद्रों पर सीसीटीवी कैमरे, वीडियोग्राफी और जैमर की व्यवस्था की गई थी। जिले के वरीय अधिकारियों ने सभी केंद्रों का निरंतर भ्रमण कर गतिविधियों पर कड़ी नजर रखी। परीक्षार्थियों ने परीक्षा को लेकर अपनी अलग-अलग प्रतिक्रियाएं दीं परीक्षा निर्धारित समय पर शुरू हुई और शांतिपूर्ण माहौल में संपन्न हुई। परीक्षा समाप्त होने के बाद, कुछ अभ्यर्थियों ने प्रश्नपत्र को संतुलित बताया, जबकि कुछ अन्य ने इसे पिछले साल की तुलना में अपेक्षाकृत चुनौतीपूर्ण माना। परीक्षार्थियों ने परीक्षा को लेकर अपनी अलग-अलग प्रतिक्रियाएं दीं। अधिकांश छात्रों ने बताया कि प्रश्नपत्र का स्तर मध्यम था और समय प्रबंधन काफी महत्वपूर्ण रहा। परीक्षार्थी आनंद कुमार ने कहा कि नीट यूजी का पेपर कुल मिलाकर संतुलित रहा। भौतिकी के कुछ प्रश्न अपेक्षाकृत कठिन और समय लेने वाले थे। रसायन विज्ञान का खंड अपेक्षाकृत आसान लगा। जीवविज्ञान में अधिकतर प्रश्न एनसीईआरटी एवं पाठ्यक्रम पर आधारित थे। केकेएम कॉलेज परीक्षा केंद्र पर 577 परीक्षार्थी शामिल हुए उन्होंने कहा कि परीक्षा संतोष जनक रहा है एवं अच्छे अंक आने की उम्मीद है। वहीं परीक्षा में शामिल हो रही सोनो की छात्रा बबली कुमारी एवं सावित्री कुमारी ने बताया कि इस बार परीक्षा का स्तर मध्यम रहा। शुरुआत में थोड़ी घबराहट हो रही थी, लेकिन प्रश्न हल करते-करते आत्मविश्वास बढ़ता गया। बायोलॉजी के प्रश्न सीधे और समझने में आसान थे। जिला शिक्षा कार्यालय द्वारा प्राप्त आंकड़े के अनुसार नीट यूजी की परीक्षा में जिले के केकेएम कॉलेज परीक्षा केंद्र पर 577 परीक्षार्थी शामिल हुए जबकि 23 परीक्षा अध्ययन अनुपस्थित रहे। वही प्रस्तुत विद्यालय जम्मू में 353 परीक्षार्थी शामिल हुए जबकि 14 परीक्षार्थी अनुपस्थित रहे। हालांकि परीक्षा के दौरान कदाचार का कोई मामला प्रकाश में नहीं आया, न ही किसी परीक्षार्थी को परीक्षा से निष्कासित किया गया।
करनाल में मेरठ रोड पर पुलिस की नाकाबंदी के दौरान एक कार से भारी मात्रा में चूरापोस्त बरामद किया है। एंटी नारकोटिक्स सेल की टीम ने कार्रवाई करते हुए आरोपी को काबू किया। कार की तलाशी लेने पर डिग्गी से दो प्लास्टिक कट्टों में कुल 52 किलो 850 ग्राम चूरापोस्त मिला, जिसकी कीमत करीब 4 लाख रुपए आंकी गई है। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। आज आरोपी को कोर्ट में पेश कर तीन दिन के रिमांड पर लिया गया है। रिमांड के दौरान आरोपी के गहनता से पूछताछ की जाएगी। गुप्त सूचना पर की गई नाकाबंदी एएसआई नरेन्द्र सिंह एंटी नारकोटिक्स सेल करनाल को 2 मई की शाम करीब 5 बजे मुखबिर से सूचना मिली कि गांव सिद्धपुर निवासी चरणजीत सिंह उर्फ काका अपने साथी बलविंद्र शर्मा निवासी पुंडरी के साथ मिलकर चूरापोस्त बेचता है। सूचना के अनुसार आरोपी यूपी से कार में नशीला पदार्थ लेकर नीलोखेड़ी की तरफ आने वाला था। सूचना को गंभीरता से लेते हुए एएसआई ने तुरंत टीम के साथ नाकाबंदी की योजना बनाई। टीम के साथ मौके पर पहुंचकर चेकिंग शुरू एएसआई नरेन्द्र सिंह व उनकी टीम मेरठ रोड होते हुए लालूपुरा मोड़ के पास शिवशक्ति ढाबा के सामने पहुंचे। यहां शामली से करनाल आने वाली सड़क पर नाकाबंदी कर वाहनों की जांच शुरू की गई। नाकाबंदी के दौरान एक लाइट गोल्डन रंग की होंडा सिटी कार आई। पुलिस को देखकर चालक ने कार वापस मोड़कर भागने की कोशिश की। शक के आधार पर पुलिस टीम ने पीछा कर कार को काबू कर लिया। पूछताछ में चालक ने अपना नाम चरणजीत सिंह उर्फ काका बताया। कार की डिग्गी से दो कट्टों में मिला चूरापोस्त आरोपी की तलाशी ली गई, जिसमें कुछ नहीं मिला। इसके बाद कार की तलाशी लेने पर डिग्गी से दो प्लास्टिक कट्टे बरामद हुए। जांच में इमें चूरापोस्त पाया गया। इसका कुल वजन 52 किलो 850 ग्राम निकला। इसके बाद एएसआई नरेन्द्र सिंह की शिकायत पर थाना मधुबन में मामला दर्ज किया गया। जांच अधिकारी सब इंस्पेक्टर हिम्मत सिंह ने बताया कि आरोपी को आज कोर्ट में पेश किया गया है और तीन दिन के रिमांड पर लिया गया है। आरोपी से गहनता से पूछताछ की जाएगी और इसके नेटवर्क का पता लगाने का प्रयास किया जाएगा।
समस्तीपुर जिले के विद्यापतिनगर थाना क्षेत्र से गुजरने वाले राष्ट्रीय राजमार्ग संख्या 122बी पर रविवार सुबह एक सड़क हादसा हुआ। एक तेज रफ्तार हाइवा ने बाइक सवार युवक को टक्कर मार दी, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया। घायल युवक की पहचान हरपुर बोचहा पंचायत निवासी मनोज कुमार सिंह के 35 वर्षीय पुत्र अमन कुमार के रूप में हुई है। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, अमन अपने घर से बमौरा जा रहा था, तभी यह दुर्घटना हुई। हादसे के बाद स्थानीय लोगों की मदद से अमन को तुरंत एक निजी क्लीनिक में भर्ती कराया गया। प्राथमिक उपचार के उपरांत उसे सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र मिर्जापुर भेजा गया, लेकिन स्थिति गंभीर होने के कारण डॉक्टरों ने उसे बेहतर इलाज के लिए रेफर कर दिया। घटना की सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने दुर्घटनाग्रस्त बाइक और हाइवा को जब्त कर लिया है। थाना प्रभारी सूरज कुमार ने बताया कि मामले की जांच शुरू कर दी गई है। हादसे के बाद घटनास्थल पर कुछ देर के लिए अफरा-तफरी का माहौल बन गया। स्थानीय लोगों ने प्रशासन से सड़क सुरक्षा व्यवस्था को और सख्त करने की मांग की है, ताकि भविष्य में ऐसी दुर्घटनाओं को रोका जा सके।
किशनगंज पुलिस ने 860 लीटर शराब जब्त की:2 कारों से पकड़ी खेप, कीमत 10 लाख रुपए आंकी गई
किशनगंज जिले में बहादुरगंज पुलिस ने गुप्त सूचना के आधार पर दो अलग-अलग कारों से भारी मात्रा में विदेशी शराब जब्त की है। जब्त की गई कुल 860 लीटर शराब की कीमत लगभग 10 लाख रुपए आंकी गई है। हालांकि, मौके से तस्कर भागने में सफल रहे। पहली घटना में, पुलिस ने गुआबाड़ी पुल के समीप एलआरपी चौक की ओर से आ रही फोर्ड कंपनी की एक तेज रफ्तार कार (नंबर डब्ल्यूबी 74 एसी 3768) को रोकने का प्रयास किया। पुलिस से बचने के दौरान कार डिवाइडर से टकरा गई, जिससे उसके तीन टायर फट गए। कार चालक मौके से फरार हो गया। इस कार से कुल 474 लीटर विभिन्न ब्रांड की विदेशी शराब बरामद की गई। 386 लीटर विदेशी शराब जब्त की गई दूसरी कार्रवाई में, गुप्त सूचना के आधार पर पुलिस ने आजाद चौक के समीप टाटा कंपनी की एक हेक्सा कार (नंबर डब्ल्यूबी 12 एआर 4455) को पकड़ा। तलाशी के दौरान इस कार से विभिन्न ब्रांड की 386 लीटर विदेशी शराब जब्त की गई। खेप सहित दोनों वाहनों को जब्त किया गया जानकारी के अनुसार, शराब ले जाने की गुप्त सूचना मिलते ही थानाध्यक्ष दिलशाद खान और एसआई रामबाबू चौधरी सहित पुलिस टीम ने सक्रियता दिखाते हुए वाहन चेकिंग अभियान चलाया। इसी अभियान के तहत शराब की खेप सहित दोनों वाहनों को जब्त किया गया। पुलिस टीम ने रविवार शाम को बिहार राज्य मद्य निषेध अधिनियम की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है। फरार तस्करों की तलाश जारी है। पुलिस की इस कार्रवाई से शराब कारोबारियों में हड़कंप मच गया है।
अररिया में नरपतगंज प्रखंड मुख्यालय स्थित नगर पंचायत कार्यालय परिसर में रविवार को एक विद्युत ट्रांसफॉर्मर में आग लग गई। आग की लपटें तेज होने के कारण मौके पर कुछ देर के लिए अफरातफरी का माहौल बन गया। हालांकि, इस घटना में किसी प्रकार की जनहानि नहीं हुई। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, ट्रांसफॉर्मर में अचानक चिंगारी उठने के बाद आग तेजी से फैल गई। इस अग्निकांड में कार्यालय परिसर में लगा एयर कंडीशनर (एसी), कंप्यूटर रूम में रखे कैमरे, सोलर लाइट, कई कंप्यूटर और अन्य आवश्यक सामान जलकर क्षतिग्रस्त हो गए। नगर पंचायत के कार्यपालक पदाधिकारी विकास कुमार ने बताया कि इस घटना में लगभग 10 लाख रुपये मूल्य के सामान और महत्वपूर्ण कागजात जलकर नष्ट हो गए हैं। स्थानीय लोगों ने इस घटना के लिए विद्युत विभाग पर लापरवाही का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि ट्रांसफॉर्मर कई दिनों से खराब था और इसकी जानकारी विभागीय अधिकारियों को पहले ही दी गई थी। इसके बावजूद, समय रहते कोई सुधारात्मक कार्रवाई नहीं की गई। नगर पंचायत के कार्यपालक पदाधिकारी विकास कुमार ने भी इन आरोपों की पुष्टि की। उन्होंने बताया कि खराब ट्रांसफॉर्मर को कार्यालय परिसर से हटाकर दूसरी जगह स्थापित करने के लिए विद्युत विभाग को लिखित आवेदन भी दिया गया था, लेकिन विभाग ने इस पर कोई संज्ञान नहीं लिया। घटना के बाद स्थानीय लोगों ने विद्युत विभाग से खराब ट्रांसफॉर्मर को तत्काल बदलने और क्षेत्र की विद्युत व्यवस्था को दुरुस्त करने की मांग की है।
देवरिया में हर्ष फायरिंग का VIDEO:तिलक में राइफल लहराते दिखे, पुलिस ने हिरासत में लिया
देवरिया के भटनी थाना क्षेत्र के नोनापार गांव में एक तिलक समारोह में हर्ष फायरिंग का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ है। वीडियो में कुछ युवक भोजपुरी गीत पर राइफल लहराते और फायरिंग करते दिखाई दे रहे हैं। एसपी से शिकायत के बाद भटनी पुलिस ने मामले में शामिल आरोपितों को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है। घटना 28 अप्रैल को नोनापार गांव निवासी राममनु यादव (स्वर्गीय नन्हू यादव के पुत्र) के भतीजे के तिलक समारोह में हुई थी। आरोप है कि इसी दौरान हर्ष फायरिंग की गई। समारोह में किसी व्यक्ति ने मोबाइल से वीडियो बना लिया, जिसमें भोजपुरी गीत “राइफल से खुटा ठोकाई” पर हथियार लहराते हुए फायरिंग करते युवक दिख रहे हैं। बाद में यह वीडियो मोबाइल स्टेटस पर साझा किया गया, जिसके बाद यह तेजी से सोशल मीडिया पर वायरल हो गया। वीडियो सामने आने के बाद गांव सहित पूरे क्षेत्र में इसकी व्यापक चर्चा हो रही है। स्थानीय लोगों ने शादी-विवाह और तिलक जैसे आयोजनों में हर्ष फायरिंग की बढ़ती घटनाओं पर चिंता व्यक्त की है। उनका कहना है कि ऐसी घटनाएं कभी भी बड़े हादसे का कारण बन सकती हैं, और उन्होंने इस पर सख्त कार्रवाई की मांग की है। वीडियो वायरल होने के बाद एक व्यक्ति ने पुलिस अधीक्षक से शिकायत की। शिकायत मिलते ही भटनी पुलिस सक्रिय हुई और संबंधित लोगों को थाने बुलाकर पूछताछ शुरू कर दी। पुलिस ने मामले की जांच में तेजी लाई है। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि वायरल वीडियो की सत्यता की जांच की जा रही है। इसमें शामिल लोगों की पहचान कर उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि अवैध हथियारों के उपयोग और हर्ष फायरिंग को किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। पुलिस फिलहाल पूरे मामले की गहन जांच कर रही है और वायरल वीडियो को साक्ष्य के तौर पर देख रही है।
बक्सर जिले के राजपुर थाना क्षेत्र के रामपुर गांव में नर्तकी से सामूहिक दुष्कर्म के मामले में पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए पांच नामजद आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। सदर अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी गौरव पाण्डेय ने रविवार को प्रेसवार्ता में इसकी जानकारी दी। डीएसपी ने बताया कि यह घटना 1 मई को एक शादी समारोह के दौरान हुई थी। आरोप है कि बंटी राजभर, सलमान खान, सत्येंद्र कुमार और रामप्रताप राजभर उर्फ प्रेम कुमार सहित अन्य आरोपियों ने मिलकर नर्तकी के साथ सामूहिक दुष्कर्म किया। वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपी पीड़िता को कर्मनाशा नदी के पास बेहोशी की हालत में छोड़कर फरार हो गए थे। विभिन्न धाराओं के तहत प्राथमिकी दर्ज की गईपीड़िता के बयान पर राजपुर थाना में कांड संख्या 150/26 दर्ज किया गया। भारतीय न्याय संहिता की विभिन्न धाराओं के तहत प्राथमिकी दर्ज की गई। मामले की गंभीरता को देखते हुए, पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर डीएसपी के नेतृत्व में एक विशेष टीम का गठन किया गया था, जिसका उद्देश्य आरोपियों को जल्द गिरफ्तार करना था। गठित टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए रामपुर निवासी बंटी राजभर, सलमान खान, सत्येंद्र कुमार, बभनी निवासी रामलाल (पिता जोगिंदर राजभर) और उत्तर प्रदेश के चंदौली जिले के सैयदराजा थाना क्षेत्र के नारायणपुर निवासी रामप्रताप राजभर उर्फ प्रेम कुमार को गिरफ्तार किया। पुलिस के अनुसार, पूछताछ में सभी आरोपियों ने घटना में अपनी संलिप्तता स्वीकार कर ली है। अपराधों को किसी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगाडीएसपी गौरव पाण्डेय ने बताया कि मामले के अन्य पहलुओं की भी गहन जांच जारी है। यदि इस घटना में किसी और की संलिप्तता सामने आती है, तो उनके खिलाफ भी सख्त कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने जोर देकर कहा कि ऐसे अपराधों को किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। इस पूरी कार्रवाई में राजपुर थानाध्यक्ष निवास कुमार, पुलिसकर्मी अनिषा भारती, सुभाष कुमार, शिवमंडल कुमार, प्रीति कुमारी और सशस्त्र बल की महत्वपूर्ण भूमिका रही। पुलिस की इस त्वरित कार्रवाई की स्थानीय स्तर पर सराहना की जा रही है। प्रशासन ने पीड़िता को न्याय दिलाने के लिए हर संभव कदम उठाने का भरोसा दिलाया है।
जौनपुर के जलालपुर थाना क्षेत्र में रविवार दोपहर एक सड़क हादसे में 30 वर्षीय युवक अरविंद कुमार की मौत हो गई। रेहटी गांव के पास वाराणसी-लखनऊ हाईवे पर एक ट्रक ने उनकी मोटरसाइकिल को टक्कर मार दी। इसमें युवक ने मौके पर ही दम तोड़ दिया। जलालपुर थाना प्रभारी प्रशांत सिंह ने बताया कि मृतक अरविंद कुमार (निवासी ग्राम चेती, थाना सुजानगंज, जौनपुर) अपने दोस्त मुनीर निषाद के साथ अपाची मोटरसाइकिल से जलालपुर क्षेत्र में अपनी बुआ के घर आए थे। वे त्रिलोचन बाजार की ओर से जौनपुर लौट रहे थे, तभी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र रेहटी के सामने यह दुर्घटना हुई। ट्रक की चपेट में आने से अरविंद कुमार की मौके पर ही मौत हो गई। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। घटना की सूचना मृतक के परिजनों को दे दी गई है।
राजगढ़ में रविवार को NEET (UG) 2026 परीक्षा चार केंद्रों पर शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुई। जिलेभर से आए अभ्यर्थियों ने परीक्षा में हिस्सा लिया। कुल मिलाकर 1594 में से 1561 परीक्षार्थी उपस्थित रहे, जबकि 33 अनुपस्थित रहे। पीएमश्री केंद्रीय विद्यालय में 480 में से 470, पीएमश्री शासकीय कन्या उच्चतर माध्यमिक विद्यालय ब्यावरा में 480 में से 472, शासकीय पॉलिटेक्निक कॉलेज जुगलपुरा में 384 में से 377 और शासकीय उत्कृष्ट उच्चतर माध्यमिक विद्यालय राजगढ़ में 350 में से 342 परीक्षार्थी शामिल हुए। परीक्षा देकर निकले छात्रों ने पेपर को कुल मिलाकर मध्यम स्तर का बताया। अधिकांश अभ्यर्थियों के अनुसार बायोलॉजी सेक्शन आसान रहा, जबकि फिजिक्स और केमिस्ट्री के प्रश्न हल करने में समय की कमी महसूस हुई। छात्रों ने कहा- समय कम पड़ा परीक्षार्थी आयुष शर्मा ने बताया कि बायोलॉजी सेक्शन जल्दी पूरा हो गया, लेकिन फिजिक्स में समय कम पड़ गया। उनका कहना है कि आधा घंटा और मिलता तो 10-12 सवाल और हल कर सकते थे।जीरापुर की हेमलता दांगी ने बताया कि यह उनका दूसरा प्रयास है और पेपर अच्छा रहा, हालांकि फिजिक्स थोड़ा लंबा था। खिलचीपुर की कृति सोनी ने भी समय की कमी की बात कही, जबकि राजगढ़ की शिरीन खान ने पेपर समय पर पूरा करने और चयन की उम्मीद जताई। गर्मी में अभिभावकों ने किया इंतजार परीक्षा के दौरान केंद्रों के बाहर अभिभावक तेज गर्मी में बच्चों का इंतजार करते नजर आए। करीब 40 डिग्री तापमान में कोई पेड़ों की छांव में खड़ा रहा तो कुछ केंद्रों पर बैठने की व्यवस्था भी की गई थी। परीक्षा का संचालन डिप्टी कलेक्टर डॉ. ज्योति राजोरे, एसडीएम गोविंद दुबे, निधि भारद्वाज, एसडीओपी अरविंद सिंह सहित केंद्राध्यक्षों और पुलिस बल की निगरानी में हुआ। कलेक्टर डॉ. गिरीश कुमार मिश्रा और एसपी अमित तोलानी ने सफल आयोजन पर टीम की सराहना की।
प्रसिद्ध पर्यावरण प्रेमी और आम आदमी पार्टी के राज्यसभा सांसद संत बाबा बलबीर सिंह सीचेवाल ने रविवार शाम फरीदकोट के गांव संधवां का दौरा किया। यहाँ उन्होंने पंजाब विधानसभा के स्पीकर कुलतार सिंह संधवां से उनके निवास स्थान पर शिष्टाचार भेंट की। इस दौरान स्पीकर संधवां ने उनका गर्मजोशी से स्वागत किया। मुलाकात के दौरान दोनों नेताओं के बीच काफी आत्मीय और पारिवारिक माहौल देखने को मिला। इस बैठक का मुख्य उद्देश्य जहां आपसी रिश्तों को प्रगाढ़ करना था, वहीं इसमें क्षेत्र के सामाजिक, धार्मिक और विशेष रूप से पर्यावरण से जुड़े गंभीर मुद्दों पर विस्तार से विचार-विमर्श किया गया। स्वच्छता और जल संरक्षण पर दिया जोर पर्यावरण के प्रति समर्पित संत सीचेवाल ने पंजाब में स्वच्छता अभियान, जल संरक्षण और हरियाली बढ़ाने को लेकर अपने अनुभव साझा किए। उन्होंने इस बात पर बल दिया कि लोगों को पर्यावरण के प्रति जागरूक करना आज की सबसे बड़ी जरूरत है। समाज के हर वर्ग को मिलकर संरक्षण के प्रयासों में भागीदारी करनी चाहिए। आने वाली पीढ़ियों के लिए स्वच्छ वातावरण सुनिश्चित करना सामूहिक जिम्मेदारी है। प्रेरणादायक हैं सीचेवाल के प्रयास: संधवां स्पीकर कुलतार सिंह संधवां ने संत सीचेवाल द्वारा किए जा रहे कार्यों की जमकर सराहना की। उन्होंने कहा कि सीचेवाल जी के प्रयास पूरे समाज के लिए एक मशाल की तरह हैं। संधवां ने आश्वासन दिया कि पंजाब सरकार राज्य स्तर पर पर्यावरण संरक्षण और विकास कार्यों को प्राथमिकता देती रहेगी। युवाओं और सामाजिक एकता पर संवाद बैठक के अंतिम चरण में दोनों नेताओं ने क्षेत्र के विकास, युवाओं को समाज सेवा से जोड़ने और आपसी भाईचारे को मजबूत करने जैसे विषयों पर भी चर्चा की। इस अवसर पर परिवार के सदस्यों के अलावा क्षेत्र के कई गणमान्य व्यक्ति भी मौजूद रहे।
कौशांबी जिला प्रशासन ने मिट्टी धंसने से हुई दुर्घटना के 12 घंटे के भीतर मृतकों के परिजनों को सहायता राशि वितरित कर दी है। प्रदेश सरकार के आदेश पर यह राशि जारी की गई। दैवीय आपदा राहत कोष के तहत तीनों मृतकों - गीता देवी, उत्तरा देवी और बालिका अंकिता - के वैध वारिसों के बैंक खातों में 4-4 लाख रुपये (कुल 12 लाख रुपये) की धनराशि सीधे हस्तांतरित (DBT) की गई है। प्रशासन ने रविवार सुबह 7 बजे हुई दुर्घटना के बाद तेजी से कागजी कार्रवाई पूरी की। जिलाधिकारी कौशांबी डॉ. अमित पाल ने पीड़ित परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त की। उन्होंने कहा कि प्रशासन आपदा की स्थिति में पीड़ितों के साथ खड़ा है और भविष्य में भी ऐसी घटनाओं में त्वरित और पारदर्शी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। उल्लेखनीय है कि कौशांबी के मंझनपुर तहसील क्षेत्र के चक थांबा गांव में रविवार सुबह तालाब से मिट्टी खुदाई के दौरान मां-बेटी सहित तीन लोगों की मौत हो गई थी।
हरदोई में अधेड़ का शव खाई में मिला:बाग की रखवाली करने गया था, हत्या की आशंका
हरदोई में एक अधेड़ व्यक्ति का शव सड़क किनारे खाई में पड़ा मिला है। मृतक बाग की रखवाली करने के लिए घर से निकला था। उसके सिर और पेट पर चोट के निशान पाए गए हैं, जिससे हत्या की आशंका जताई जा रही है। बेनीगंज कोतवाली के भैनगांव निवासी 58 वर्षीय दुलारे पुत्र हुलासी हत्याहरन में एक बाग की रखवाली करते थे। शनिवार शाम को वे रोज की तरह घर से निकले थे। रविवार सुबह उनका शव भैनगांव के रास्ते में पड़ने वाली खाई में पड़ा मिला। बेनीगंज के उल्जा गांव निवासी दुलारे के दामाद मनसुख ने बताया कि उनके ससुर के सिर के पीछे और पेट पर चोटें देखकर लगता है कि उनकी हत्या की गई है। हालांकि, पुलिस का प्रारंभिक कहना है कि अधेड़ नशे का आदी था और यह एक हादसा हो सकता है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद होगी कार्रवाई पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराया है। उनका कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के सही कारणों का पता चल पाएगा और आगे की कार्रवाई की जाएगी। दुलारे के परिवार में उनकी पत्नी और चार विवाहित बेटे हैं, जिनमें से संजय और सीटू हैदराबाद में, जबकि मनोज और विनोद दिल्ली में नौकरी करते हैं।
मुजफ्फरपुर में 5 दिन पहले महिला और उसके दो बच्चों की हत्या हुई थी। इस हत्याकांड में मृतका का पति ही मुख्य आरोपी निकला। उसने अपनी प्रेमिका के साथ मिलकर पत्नी और बच्चों की हत्या की साजिश रची थी। पति ने पुलिस के पहुंचने पर जमीन विवाद की झूठी कहानी सुनाई और मामला भी खुद ही दर्ज कराया। घटना कांटी थाना क्षेत्र के मधुबन जगदीश गांव की है। अब जानिए क्या है पूरा मामला दरअसल, 5 दिन पहले संतोष कुमार की पत्नी रीता देवी (30), बेटी वैष्णवी (2 साल) और बेटा कन्हैया (3 महीना) की हत्या हुई थी। मिठाई लाल ने बताया था कि बदमाशों ने घर में घुस कर ट्रिपल मर्डर की वारदात को अंजाम दिया है। ग्रामीण एसपी राजेश सिंह प्रभाकर ने बताया कि घटना 28 अप्रैल की है, जब गांव में एक महिला और दो बच्चों की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत की सूचना मिली। मौके पर पहुंची पुलिस ने जांच शुरू की। एफएसएल टीम ने भी सबूत जुटाए। मामले में मृतक महिला के पति संतोष कुमार ने ही जमीन विवाद का हवाला देते हुए पट्टीदार के खिलाफ केस दर्ज कराया था। पुलिस की जांच में पलटी कहानी लेकिन जांच जैसे-जैसे आगे बढ़ी, कहानी पलटती गई। एसएसपी के निर्देश पर गठित विशेष टीम ने सबूतों के आधार पर जब छानबीन की, तो शक की सुई खुद पति पर ही आकर टिक गई। पूछताछ में संतोष कुमार टूट गया और सच्चाई सामने आ गई। उसने कबूल किया कि उसका करीना कुमारी नाम की महिला से प्रेम संबंध था। इसी रिश्ते के कारण उसने पहले से योजना बनाकर अपनी पत्नी और दो बच्चों को रास्ते से हटाने की साजिश रची। आरोपी नशा भी करता था। दोनों आरोपी शादीशुदा थे। इसलिए पत्नी-बच्चों को रास्ते से हटा कर आपस में शादी करना चाहते थे। ग्रामीण एसपी ने बताया कि पोस्टमार्टम में क्लियर है कि रस्सी से गला घोंट कर हत्या की गई है। हत्या से पहले आरोपी ने अपनी पत्नी को दवा भी खिलाया था। पुलिस ने रस्सी को बरामद कर लिया है। पुलिस ने आरोपी संतोष कुमार और उसकी प्रेमिका करीना कुमारी, दोनों को गिरफ्तार कर लिया है। दोनों कांटी थाना क्षेत्र के ही रहने वाले हैं। पुलिस के अनुसार, यह पूरा मामला अवैध संबंधों के चलते किया गया हत्याकांड है। फिलहाल दोनों आरोपियों से पूछताछ जारी है और आगे की कार्रवाई की जा रही है।
रावतसर में हल्की बारिश, गिरे ओले:हनुमानगढ़ में मौसम बदला, गर्मी से मिली राहत; किसानों को फायदा
हनुमानगढ़ के रावतसर क्षेत्र में रविवार शाम मौसम ने अचानक करवट बदली। दिनभर की गर्मी के बाद कुछ मिनट के लिए हल्की बारिश हुई, जिसके साथ एक-दो मिनट तक ओलावृष्टि भी दर्ज की गई। इस बदलाव से लोगों को भीषण गर्मी से राहत मिली। रावतसर और आसपास के गांवों में गिरे ओले तपती जमीन पर पड़ते ही पिघल गए। बारिश के बाद भी तेज हवाएं चलती रहीं, जिससे इलाके में हल्की ठंडक महसूस की गई। किसानों ने बताया कि बिजाई का सीजन जारी होने के कारण यह बारिश उनके लिए फायदेमंद साबित हुई है। वहीं, जिला मुख्यालय हनुमानगढ़ में दिनभर आंधी का दौर जारी रहा, लेकिन बारिश नहीं हुई। हालांकि, बारिश न होने से मंडियों में रखी गेहूं की फसल को कोई नुकसान नहीं हुआ, जो एक सकारात्मक पहलू रहा। जिला मुख्यालय पर बदले मौसम का असर तापमान पर भी दिखा। दिनभर की तेज धूप और भीषण गर्मी से लोगों को निजात मिली, जिससे उन्होंने राहत की सांस ली। मौसम विशेषज्ञों के अनुसार, यह मौसमी बदलाव पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से हो रहा है। आगामी दिनों में भी कुछ स्थानों पर आंधी, हल्की बारिश और बादल छाए रहने की संभावना बनी हुई है।
जोधपुर में पिकअप के सामने नीलगाय आने से ट्रक की टक्कर हो गई। इसके चलते पिकअप क्षतिग्रस्त हो गई। इस दौरान पिकअप गाड़ी में रखी कोल्ड ड्रिंक को लोग उठाकर कर ले गए। इसका एक वीडियो भी सामने आया है। यह हादसा विवेक विहार थाना क्षेत्र में मोगड़ा एनआरआई योजना के पास शनिवार रात 10 बजे हुआ। विवेक विहार थाना अधिकारी दिलीप खदाव ने बताया- एक पिकअप जोधपुर से पाली की तरफ जा रही थी। अचानक उसके आगे नीलगाय आ गई। इसके चलते ड्राइवर ने ब्रेक लगाए तो गाड़ी का टायर फट गया। इस दौरान पीछे से आ रहे ट्रक की पिकअप से टक्कर हो गई। पिकअप में कोल्ड ड्रिंक भरी हुई थी, इसके चलते कोल्ड ड्रिंक सड़क पर बिखर गई। पुलिस मौके पर पहुंची। उससे पहले कई लोग कोल्ड ड्रिंक उठाकर ले गए। घटना के बाद पुलिस ने हाईवे से दोनों वाहनों को हटाया और थाने लेकर आई। दोनों पक्षों की ओर से कोई रिपोर्ट नहीं दी गई है।
जगराओं नगर कौंसिल चुनावों से पहले राजनीतिक सरगर्मियां तेज हैं। इसी बीच, कोठे अठ चक्क गांव में आम आदमी पार्टी (आप) के एक फैसले ने सियासी भूचाल ला दिया है। गांव का नाम बदलने की कोशिश अब आप के लिए एक बड़ा राजनीतिक झटका साबित हो रही है। दरअसल, आप सरकार ने कोठे अठ चक्क गांव का नाम बदलकर बलदेव सिंह वाला करने का फैसला किया था। इस निर्णय से गांववासियों में भारी गुस्सा भड़क उठा। लोगों ने न केवल इस फैसले का विरोध किया, बल्कि सड़कों पर उतरकर नाम वाले बोर्ड तक उखाड़ दिए। यह विरोध सीधे तौर पर आप नेतृत्व के खिलाफ जनाक्रोश में बदल गया। इस विवाद के बाद आम आदमी पार्टी को बड़ा नुकसान हुआ है। पार्टी से जुड़े कई परिवारों ने 'आप' छोड़कर शिरोमणि अकाली दल का दामन थाम लिया। इसे आगामी चुनावों से पहले आप के लिए एक महत्वपूर्ण राजनीतिक क्षति माना जा रहा है। आप के संस्थापक सदस्य और पूर्व ब्लॉक प्रधान जगरूप सिंह ने पार्टी नेतृत्व पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि विधायक सरबजीत कौर मानूंके ने बिना किसी सलाह-मशवरे के गांव की पहचान से छेड़छाड़ की, जिससे लोगों की भावनाएं आहत हुईं और पार्टी के भीतर भी नाराजगी पैदा हुई। इस मौके का फायदा उठाते हुए अकाली दल ने अपनी ताकत का प्रदर्शन किया। पूर्व विधायक एस.आर. क्लेर के नेतृत्व में आयोजित एक कार्यक्रम में बड़ी संख्या में लोगों ने अकाली दल में शामिल होकर पार्टी को मजबूती दी। गांव में हुए इस शक्ति प्रदर्शन को आने वाले चुनावों से पहले अकाली दल की बड़ी बढ़त के तौर पर देखा जा रहा है। अकाली नेता सिवराज सिंह ने सत्ताधारी दल पर निशाना साधते हुए कहा कि यह घटना दर्शाती है कि सरकार को अपने ही कार्यकर्ताओं और जनता की भावनाओं की कोई परवाह नहीं है। एस.आर. क्लेर ने भी आप पर हमला बोलते हुए कहा कि गांव का नाम केवल एक शब्द नहीं, बल्कि उसकी पहचान और इतिहास होता है, जिसे बदलने की कोशिश जनता कभी बर्दाश्त नहीं करेगी। गांववासियों ने स्पष्ट संदेश दिया है कि वे अब ऐसे फैसलों के खिलाफ एकजुट होकर खड़े होंगे और आने वाले चुनावों में अपने वोट के जरिए इसका जवाब देंगे।
अबोहर के सरकारी अस्पताल के टीबी वार्ड में भर्ती मरीज गर्मी और अव्यवस्थाओं से जूझ रहे हैं। वार्ड में खराब पंखों और कूलरों के कारण मरीजों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। वार्ड में लगे दो पंखों में से एक खराब है। दो कूलरों में से एक बंद पड़ा है, जबकि दूसरा बिना पानी के चल रहा है और गर्म हवा दे रहा है। इस कूलर की जालियां भी गायब हैं। टीबी वार्ड में कुल छह बेड हैं, जो सभी भरे हुए हैं। भर्ती मरीजों सुमन रानी, लाली देवी, निर्मल कौर और विनोद कुमार ने बताया कि दोपहर के समय वार्ड में रहना बेहद मुश्किल हो जाता है। उन्होंने शिकायत की कि कूलरों में पानी नहीं डाला जाता और एक कूलर को प्लाई लगाकर बंद कर दिया गया है। मरीज बोले- सांस लेने में दिक्कत होती है मरीजों ने बताया कि वे पहले से ही बीमारी और सांस लेने में दिक्कत से परेशान हैं, और ऊपर से भीषण गर्मी ने उनकी हालत और खराब कर दी है। उन्होंने नर्सिंग स्टाफ को कई बार शिकायत की, लेकिन उन्हें कोई संतोषजनक जवाब नहीं मिला।ड्यूटी पर मौजूद स्टाफ नर्स ने बताया कि इस संबंध में एसएमओ और संबंधित इंचार्ज को सूचित कर दिया गया है। एसएमओ डॉ. सुरेश कंबोज ने आश्वासन दिया है कि जल्द ही सभी कूलरों को ठीक करवा दिया जाएगा। मरीजों ने यह भी आरोप लगाया कि जहां वे गर्मी से बेहाल हैं, वहीं अस्पताल के कर्मियों और डॉक्टरों के कमरों में एयर कंडीशनर (एसी) लगे हुए हैं। उनका कहना है कि कई बार कमरों में कोई मौजूद न होने पर भी एसी चलते रहते हैं, जबकि मरीजों के लिए पंखे तक ठीक से काम नहीं कर रहे। मरीजों ने यह भी बताया कि ऊपर वाली मंजिल के वार्ड में पीने के पानी का कोई इंतजाम नहीं है, जिसके कारण उन्हें नीचे से पानी लाना पड़ता है।
राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (एनटीए) द्वारा शहर के 10 परीक्षा सेंटर पर NEET परीक्षा हुई। परीक्षा में 95.83% परीक्षार्थियों की उपस्थिति रहे। परीक्षा दोपहर 2 बजे से शाम 5 बजे तक आयोजित की गई। इस परीक्षा के लिए 10 परीक्षा केंद्र बनाए गए। परीक्षा के लिए रजिस्टर्ड 3240 परीक्षार्थी में से 135 परीक्षार्थी अनुपस्थित रहे। परीक्षार्थियों का कहना है कि बायो के प्रश्नों को छोड़कर अन्य सवाल ज्यादा कठिन नहीं आए। निवाई के अभिषेक शर्मा पुत्र अनिल शर्मा और विकास शर्मा ने बताया कि बायो का पेपर थोड़ा हार्ड था, बाकी सब ठीक था। इस बीच परीक्षा सेंटर्स में प्रवेश से पहले और परीक्षा संपन्न होने के बाद काफी भीड़ रही। कई जगह जाम जैसे हालात बन गए। पुलिस को कड़ी मशक्कत कर परीक्षार्थियों को उनके गंतव्य स्थान के लिए सकुशल रवाना किया गया। बस स्टैंड पर भी शाम को काफी भीड़ रही। रोडवेज प्रबंधन की ओर से परीक्षार्थियों के लिए अतिरिक्त बसों की व्यवस्था की गई थी, इसलिए स्टूडेंट्स को ज्यादा परेशानी नहीं हुई। एक एक करके सभी को देर शाम तक घर भेजा गया। परीक्षा केंद्रों के 300 मीटर दायरे में भीड़ पर प्रतिबंध की पालना के लिए पुलिस की पुख्ता व्यवस्था रही। मोबाइल, स्मार्ट वॉच, ब्लूटूथ और अन्य इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों पर पूर्ण प्रतिबंध रहा। परीक्षार्थियों की प्रवेश से पूर्व केंद्र के दरवाजे पर और भीतर जांच करके ही एग्जाम रूम तक प्रवेश दिए गए। महिला अभ्यर्थियों के कानों से कुंडल, नाक से नाथ, चूडियां, गले की चेन आदि बाहर ही उतरवा दी गई। सभी परीक्षार्थियों की बायोमैट्रिक जांच करने के बाद परीक्षा कक्ष में प्रवेश दिया। सभी परीक्षा केंद्रों पर ड्यूटी मजिस्ट्रेट और सतर्कता दल तैनात रहे। गर्मी के मौसम को देखते हुए सभी परीक्षा केंद्रों पर जनरेटर, पानी के कैंपर, प्राइमरी मेडिकल व्यवस्था भी की गई थी।
बहरोड़ सदर थाना क्षेत्र के गांव कारोड़ा में एक शराब ठेके के पास अज्ञात व्यक्ति का शव मिलने से हड़कंप मच गया। रविवार को स्थानीय लोगों ने शव पड़ा देखा, जिसके बाद पुलिस को सूचना दी गई। मौके पर बड़ी संख्या में भीड़ जमा हो गई। सूचना मिलते ही थानाधिकारी दिनेश मीणा पुलिस टीम के साथ घटनास्थल पर पहुंचे। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर बहरोड़ के जिला अस्पताल की मॉर्च्युरी में रखवाया है। प्रारंभिक जांच में मृतक की पहचान नहीं हो पाई है। पुलिस आसपास के लोगों से पूछताछ कर रही है और शव की शिनाख्त के प्रयास जारी हैं। मौत के कारणों का पता लगाने के लिए घटनास्थल के आसपास के क्षेत्र की भी जांच की जा रही है। पुलिस के अनुसार, शव का पोस्टमार्टम शिनाख्त होने के बाद ही करवाया जाएगा। शुरुआती तौर पर मौत का कारण अत्यधिक शराब का सेवन बताया जा रहा है। पुलिस मामले की हर पहलू से गहनता से जांच कर रही है।
शादी समारोह में खूनी वारदात:साडू ने पेट में मारा चाकू, इलाज के दौरान मौत; आरोपी मौके से फरार
झालावाड़ के मंडावर थाना क्षेत्र के कोथला घट्टी गांव में शादी की खुशियां उस वक्त मातम में बदल गईं, जब रविवार सुबह एक युवक पर उसके ही साडू ने चाकू से हमला कर दिया। पेट में गंभीर चोट लगने से घायल युवक को अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां रविवार शाम इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। घटना के बाद आरोपी मौके से फरार हो गया, जिसकी तलाश में पुलिस जुटी है। शादी में शामिल होने आया था मृतक पुलिस के अनुसार मृतक की पहचान बबलू भील (36) पुत्र नानूराम भील निवासी मोड़क, जिला कोटा के रूप में हुई है। बबलू दो दिन पहले अपने ससुराल कोथला घट्टी गांव में आयोजित शादी समारोह में शामिल होने आया था। परिवार में शादी का माहौल था, लेकिन अचानक हुई इस वारदात ने सबको स्तब्ध कर दिया। सुबह सोते समय किया हमला जानकारी के मुताबिक रविवार सुबह करीब 5 बजे बबलू भील सो रहा था। इसी दौरान उसके साडू कमलेश पुत्र कन्हैयालाल भील, निवासी संजय कॉलोनी, झालावाड़ ने उस पर चाकू से हमला कर दिया। आरोप है कि कमलेश ने बबलू के पेट में चाकू मारा और घटना को अंजाम देने के बाद मौके से फरार हो गया। अस्पताल में चली जिंदगी की जंग हमले के बाद परिजनों ने गंभीर हालत में बबलू को तुरंत झालावाड़ के एसआरजी अस्पताल पहुंचाया। यहां सर्जिकल वार्ड में उसका इलाज शुरू किया गया। डॉक्टरों ने उसे बचाने का प्रयास किया, लेकिन शाम करीब सवा 7 बजे उसकी हालत बिगड़ गई और इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। पोस्टमार्टम के बाद होगी आगे की कार्रवाई अस्पताल चौकी पुलिस ने शव को मोर्चरी में रखवाकर मंडावर थाना पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने बताया कि सोमवार को पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंपा जाएगा और इसके बाद आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। हमले की वजह अब तक साफ नहीं पुलिस मामले की जांच में जुटी है। फिलहाल दोनों साडू के बीच विवाद किस बात को लेकर हुआ, इसका स्पष्ट कारण सामने नहीं आया है। परिजनों के अनुसार, दोनों का ससुराल कोथला घट्टी गांव में एक ही घर में है। ऐसे में आपसी कहासुनी या पुरानी रंजिश की आशंका भी जताई जा रही है। आरोपी की तलाश जारी घटना के बाद से आरोपी कमलेश फरार है। मंडावर थाना पुलिस उसकी तलाश में दबिश दे रही है। पुलिस का कहना है कि आरोपी को जल्द गिरफ्तार कर पूरे मामले का खुलासा किया जाएगा।

