दिल्ली में 6,000 जवान, मणिपुर में इतने क्यों नहीं? ममता-TMC का केंद्र से सवाल
दिल्ली में SIR विवाद और मतदाता सूची में कथित गड़बड़ियों के खिलाफ कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) ने शुक्रवार को 'लहरा दो तिरंगा' मार्च का आह्वान किया था।
भारत-नेपाल सीमा के पास मणिपुर का युवक कारतूस के साथ गिरफ्तार
भारत-नेपाल सीमा के पास मणिपुर का युवक कारतूस के साथ गिरफ्तार
‘संगाई कप’ जूडो नेशनल्स के लिए मणिपुर की टीम चुनने में मददगार होगा
इंफाल, 15 अक्टूबर . संगाई कप इंटर क्लब जूडो टूर्नामेंट 2026 Friday से Sunday तक यहां स्पोर्ट्स अथॉरिटी ऑफ इंडिया (साई) के न्यू मल्टीपर्पस हॉल, ताकीलपट में होगा. यह टूर्नामेंट नेशनल जूडो चैंपियनशिप के लिए मणिपुर की स्टेट टीम चुनने के लिए सिलेक्शन ट्रायल का काम करेगा. तीन दिन के इस टूर्नामेंट में सब-जूनियर, कैडेट, ... Read more
'संगाई कप' जूडो नेशनल्स के लिए मणिपुर की टीम चुनने में मददगार होगा
इंफाल, 15 अक्टूबर (आईएएनएस)। संगाई कप इंटर क्लब जूडो टूर्नामेंट 2026 शुक्रवार से रविवार तक यहां स्पोर्ट्स अथॉरिटी ऑफ इंडिया (साई) के न्यू मल्टीपर्पस हॉल, ताकीलपट में होगा। यह टूर्नामेंट नेशनल जूडो चैंपियनशिप के लिए मणिपुर की स्टेट टीम चुनने के लिए सिलेक्शन ट्रायल का काम करेगा।
Manipur में जबरन वसूली करते दो उग्रवादी पकड़े गए, PREPAK और KCP से जुड़े हैं तार
मणिपुर में सुरक्षा बलों ने प्रतिबंधित संगठनों से जुड़े दो उग्रवादियों को जबरन वसूली की गतिविधियों में कथित संलिप्तता के आरोप में गिरफ्तार किया है। पुलिस ने बुधवार को यह जानकारी दी। पुलिस के एक बयान के अनुसार, राज्य पुलिस कमांडो के एक दल ने मंगलवार को इंफाल पश्चिम जिले के सिंगजामेई में अभियान चलाकर प्रतिबंधित संगठन पीपुल्स रिवोल्यूशनरी पार्टी ऑफ कांगलेइपाक (प्रेपाक) के 39 वर्षीय सदस्य को गिरफ्तार किया। गिरफ्तार उग्रवादी की पहचान अहोंगशांगबाम पिंकुमणि सिंह के रूप में हुई है। वह संगठन का सक्रिय सदस्य था। पुलिस के बयान में कहा गया है कि प्रतिबंधित कांगलीपाक कम्युनिस्ट पार्टी (वांगलेन) से जुड़े 60 वर्षीय एक उग्रवादी को बिष्णुपुर जिले के क्वाक्ता से गिरफ्तार किया गया। उसकी पहचान मोहम्मद अब्दुल हकीम के रूप में हुई है। बयान के मुताबिक, वह क्वाक्ता में जबरन वसूली की गतिविधियों में शामिल था। पुलिस ने बताया कि तीन साल पहले जातीय हिंसा शुरू होने के बाद से सुरक्षा बल मणिपुर के सभी जिलों में सीमावर्ती और संवेदनशील इलाकों में तलाशी अभियान चला रहे हैं तथा क्षेत्र में नियंत्रण मजबूत करने के लिए गश्त कर रहे हैं। मई 2023 से मैतेई और कुकी-जो समूहों के बीच जारी जातीय संघर्ष में 260 से अधिक लोग मारे गए हैं और हजारों लोग बेघर हुए हैं।
Manipur: में मेरा चाओरेल हौबा उत्सव हयिंग खोंगबल उपहोंग युमफाम में मनाया गया
11 अक्टूबर, रविवार: इम्फाल में हयिंग खोंगबल उपहोंग युमफाम में मेरा चाओरेल हौबा उत्सव मनाया गया, लाइनिंगथौ सनामही बोर्ड के सदस्य सचिव का बयान।
Imphal Trip: Kangla Fort से लेकर Ima Market तक, Imphal में देखने लायक हैं ये प्रमुख स्थल
इंफाल एयरपोर्ट को देखकर आपका दिल खुश हो जाएगा। मणिपुर शैली की हरी छतों वाला यह छोटा और बेहद खूबसूरत एयरपोर्ट इतना सहज है कि विमान से उतरकर पैदल ही आप भवन में दाखिल हुआ जा सकता है। महानगरों की भागदौड़ से दूर इस शहर की अपनी प्राकृतिक और सांस्कृतिक छटा है। यहां के युवा जहां आधुनिक लिबास में नजर आता है, तो वहीं अधिकतर महिलाएं ब्लाउज, फनेक और महीन दुपट्टे जैसे अपने पारंपरिक परिधानों में दिखते हैं। नाक से माथे तक लगा चंदन का लंबा टीका उनकी खूबसूरती में चार चांद लगा देते हैं। इमा मार्केट समाज में स्त्रियों की भागीदारी का प्रतीक शहर के बीचों-बीच बनी इमा मार्केट है। इमा यानी मां। माताओं द्वारा चलाए जाने वाला बाजार। इस मार्केट में सिर्फ स्त्रियों द्वारा चलाई जाने वाली दुकानें हैं। यहां पर पारंपरिक परिधानों की दुकानें जैसे- ब्लाउज, शॉल, चादर, दुपट्टे, गमछे और भी कई तरह की चीजें हैं। वहीं मार्केट के एक हिस्से में सिर्फ पूजा का सामान है। इसे भी पढ़ें: Imphal Airport से अगवा पश्चिम बंगाल का युवक Bishnupur से सुरक्षित बचाया गया एक्सप्लोर करें कांगला किला इंफाल में दो जगहें आपको जरूर देखनी चाहिए। जिसमें पहला कांगला किला है और दूसरा लोकताक लेक है। कांगला फोर्ट या किला शहर के बीच इंफाल नदी के किनारे स्थित है। मणिपुरी भाषा की भारत की 22 ऑफिशियल भाषाओं की लिस्ट में से एक है। कांगला फोर्ट यहां के राजवंश के शासकों की राजधानी हुआ करता था। वहीं आज भी मणिपुर के निवासियों के लिए एक गौरवपूर्ण ऐतिहासिक स्थल है। इसके मुख्य द्वार पर सिंह की आकृति की दो मूर्तियां बनी हैं। जिनको देवताओं का देव कहा जाता है। इसे भी पढ़ें: मणिपुर के Kangpokpi में 7 ग्रामीणों को हिरासत में लेने पर बवाल, रिहाई के बाद शांत हुआ प्रदर्शन सानामाही मंदिर और पखंबा मंदिर इसके साथ ही आप सानामाही मंदिर और पखंबा मंदिर देख सकते हैं। सानामाही मेतेई वास्तुकला का अद्भुत उदाहरण है। इस मंदिर के ऊपर सींगों की आकृति बनी है। इसको मेतेई लोग बेहद शुभ और पवित्र स्थल मानते हैं। यहां पर आपको कई और दर्शनीय स्थल भी देखने को मिल जाएंगे, जैसे महाराज नरसिंह की घोड़े पर सवार मूर्ति, राजा बोधचंद्र की समाधि आदि। राजाओं का महल और पोलो ग्राउंड भी इस फोर्ट है। महाराजा नरसिंह द्वारा श्री गोविंद जी मंदिर बनवाया गया है, जोकि इंफाल के प्रमुख दर्शनीय स्थलों में से एक है। लोकताक लेक अगले दिन आप लोकताक लेक जा सकते हैं। यह पूरे नॉर्थ ईस्ट की सबसे बड़ी फ्रेश वाटर लेक है और इसकी खासियत झील के ऊपर आपको तैरते भूखंड दिखेंगे, जिनको स्थानीय भाषा में 'फुम्डी' कहते है। लोकताक झील मोइरांग के पास स्थित है, जहां INA का एक संग्रहालय है। इसमें नेताजी सुभाष चंद्र बोस और उनकी सेना से संबंधित वस्तुएं दिखाई जाती हैं। यहां से लौटने के दौरान आप इंडियन पीस मेमोरियल देख सकते हैं। रेड हिल के पास स्थित यह स्मारक उन भारतीय शहीदों की याद में बनाया गया है। जोकि सेंकेंड वर्ल्ड वॉर में आजाद हिंद फौज के तहत जापानी सेना के साथ मिलकर लड़े थे। इसी रेड हिल के पास उन्होंने ब्रिटिश सेना को हराया था। इंफाल में कई मंदिर, संग्रहालय, पार्क, झीलें, चिड़ियाघर और दर्शनीय स्थल हैं। अगर समय रहे, तो आप इन सबको भी देख सकते हैं। इसे भी पढ़ें: Manipur के Kangpokpi में 6 ग्रामीणों की हिरासत पर हिंसक विरोध, बाद में हुए रिहा कुछ जरूरी बातें ट्रेन से इंफाल जाने के लिए गुवाहाटी या दीमापुर जाना होगा। यहां पर इंफाल के लिए बस मिल जाएगी। वहीं भारत के सभी प्रमुख शहरों से फ्लाइट द्वारा सीधे पहुंच सकते हैं। इन बातों का रखें ध्यान मणिपुर में यात्रा करने के लिए भारतीय नागरिकों को राज्य सरकार से इनर लाइप परमिट लेना जरूरी है। यह सुविधा अब ऑनलाइन भी मौजूद है। मणिपुर सरकार के ऑफिशियल पोर्टल पर जाकर आवेदन कर सकते हैं। इसके अलावा कोलकाता, दिल्ली और गुवाहाटी स्थित मणिपुर भवन से प्राप्त कर सकते हैं। इसके अलावा यह सुविधा इंफाल एयरपोर्ट पर भी मिल जाएगी। इसके लिए पासपोर्ट या आधार कार्ड की कॉपी की जरूरत है। इसका शुल्क 100 रुपए है और विदेशी नागरिकों के लिए प्रोटेक्टेड एरिया परमिट की जरूरत होगी।
Manipur Music Teacher Killed: Chongtham Vikram Singh को Delhi में पीट-पीटकर मारा, लोगों में गुस्सा!
आरोप है कि घर के बाहर शोर-शराबे को लेकर हुए विवाद के बाद उनके साथ मारपीट की गई, जिसके बाद इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। घटना के विरोध में मणिपुर के लोगों ने दिल्ली में कैंडल मार्च निकाला…
अरुणाचल प्रदेश में चीनी सेना के घुसपैठ के दावे से मणिपुर का वीडियो वायरल
बूम ने पाया कि वीडियो 25 अप्रैल 2026 का मणिपुर के हूमी गांव में असम राइफल्स और ग्रामीणों के बीच हुई झड़प का है.

