हरियाणा में करनाल के गांव बीर बडावला के में फादर डे पर दो बच्चों के सिर पिता का साया उठ गया। युवक सुबह खेत में काम कर रहा था इसी दौरान उसको करंट लग गया और मौके पर ही मौत हो गई। घटना सुबह करीब साढ़े सात बजे की बताई जा रही है। युवक खेत में काम कर रहा था तभी अचानक उसे तेज करंट लगा। परिजन उसे तुरंत अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू की। मृतक दो बच्चों का पिता, आठ दिन पहले ही लिया था खेत ठेके परमृतक की पहचान 34 वर्षीय गौरव शर्मा निवासी गांव बीर बडावला के रूप में हुई है। वह दो बच्चों का पिता था और परिवार का इकलौता कमाने वाला था। गौरव ठेके पर जमीन लेकर खेती का काम करता था। परिजनों के अनुसार उसने करीब आठ दिन पहले ही यह जमीन ठेके पर ली थी और रविवार सुबह काम करने के लिए खेत में गया था। कस्सी तार से टकराने से हुआ हादसापरिजन अमित ने बताया कि खेत में लगे ट्यूबवैल के पास ट्रांसफार्मर काफी नीचे रखा हुआ है। गौरव खेत में कस्सी से काम कर रहा था। आशंका है कि काम करते समय कस्सी बिजली की तार से टकरा गई, जिससे उसे करंट लग गया। करंट लगते ही वह मौके पर गिर पड़ा। पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराकर सौंपाघटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया। पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है। परिवार पर टूटा दुखों का पहाड़गौरव की अचानक मौत से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। छोटे-छोटे बच्चों और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। ग्रामीणों ने प्रशासन से ऐसे स्थानों पर सुरक्षित व्यवस्था करने की मांग की है ताकि भविष्य में इस तरह के हादसे न हों।
आचार्य नरेंद्र देव कृषि एवं प्रौद्योगिक विश्वविद्यालय, कुमारगंज में 12वें अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर शनिवार को अटल बिहारी वाजपेयी क्रीड़ा परिसर में भव्य योग कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में विश्वविद्यालय के कुलपति डा. ज्ञानेंद्र प्रताप सिंह के नेतृत्व में लगभग 1500 लोगों ने एक साथ योगाभ्यास कर स्वस्थ जीवन का संदेश दिया। योग दिवस के अवसर पर विश्वविद्यालय परिसर में सुबह से ही उत्साह का माहौल देखने को मिला। कार्यक्रम में विश्वविद्यालय के शिक्षक, वैज्ञानिक, कर्मचारी, शोधार्थी तथा छात्र-छात्राओं ने बड़ी संख्या में भाग लिया। सभी प्रतिभागी निर्धारित समय पर क्रीड़ा परिसर पहुंचे और सामूहिक रूप से विभिन्न योगासनों का अभ्यास किया। योग विशेषज्ञ डा. दिवाकर सिंह ने उपस्थित लोगों को योगाभ्यास कराया तथा योग के विभिन्न आयामों की जानकारी दी। इस दौरान प्रतिभागियों ने भुजंगासन, मयूरासन, सिंहासन, शलभासन, उष्ट्रासन, तितली आसन सहित अनेक योग मुद्राओं का अभ्यास किया। योग विशेषज्ञ ने बताया कि नियमित योगाभ्यास से शारीरिक एवं मानसिक स्वास्थ्य बेहतर होता है तथा व्यक्ति तनावमुक्त जीवन जी सकता है। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कुलपति डा. ज्ञानेंद्र प्रताप सिंह ने कहा कि योग भारत की प्राचीन एवं अमूल्य विरासत है। वर्तमान समय में स्वस्थ रहने के लिए योग को दैनिक दिनचर्या का हिस्सा बनाना अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने कहा कि नियमित योग करने से अनेक बीमारियों से बचाव संभव है और व्यक्ति शारीरिक, मानसिक तथा आध्यात्मिक रूप से सशक्त बनता है। उन्होंने सभी से प्रतिदिन योग करने का संकल्प लेने का आह्वान किया। योग दिवस के उपलक्ष्य में विश्वविद्यालय द्वारा विभिन्न प्रतियोगिताओं का भी आयोजन किया गया था। कार्यक्रम के दौरान प्रतियोगिताओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले प्रतिभागियों को कुलपति ने प्रमाण पत्र प्रदान कर सम्मानित किया। सामूहिक योगाभ्यास और सम्मान समारोह के साथ कार्यक्रम का समापन हुआ। विश्वविद्यालय परिवार ने योग को जन-जन तक पहुंचाने और स्वस्थ भारत के निर्माण का संकल्प भी दोहराया।
इसराना फ्लाईओवर पर ट्रैक्टर-ट्रॉली पलटी:पीछे से ट्रक की टक्कर से हुआ हादसा, लकड़ी के टुकड़ों से भरी थी
पानीपत जिले के इसराना में आज सुबह फ्लाईओवर पर एक ट्रैक्टर-ट्रॉली पलटने से जीटी रोड पर लंबा जाम लग गया। इस हादसे के कारण जीटी रोड का एक तरफ का यातायात पूरी तरह बाधित रहा। मामले के अनुसार, ट्रैक्टर ड्राइवर अशफाक (शामली) गांव सनौली से लकड़ी के टुकड़ों से भरी ट्रॉली लेकर गांव परढाना स्थित एक निजी फैक्ट्री जा रहा था। जब ट्रैक्टर फ्लाईओवर से नीचे उतर रहा था, तभी पीछे से आ रहे एक ट्रक ने साइड से निकलते हुए ट्रॉली को टक्कर मार दी। ट्रॉली में अधिक वजन होने के कारण ट्रैक्टर का संतुलन बिगड़ गया और ट्रॉली जीटी रोड पर पलट गई। गनीमत रही कि ट्रैक्टर नहीं पलटा और डिवाइडर पर चढ़ गया, जिससे एक बड़ा हादसा टल गया। ट्रैक्टर-ट्रॉली मंगवाकर भरी लकड़ी घटना की सूचना मिलते ही थाना इसराना की पुलिस टीम और 112 टीम मौके पर पहुंची। पुलिस ने तुरंत यातायात को फ्लाईओवर के नीचे सर्विस रोड से डायवर्ट किया, ताकि वाहनों की आवाजाही बनी रहे। पुलिस ने ट्रैक्टर को डिवाइडर से नीचे उतारकर एक तरफ खड़ा किया। सुबह करीब 10 बजे एक और ट्रैक्टर-ट्रॉली मंगवाकर पलटी हुई लकड़ी को दूसरी ट्रॉली में भरा गया, जिसके बाद सड़क को यातायात के लिए पूरी तरह खोल दिया गया। हालांकि, इसराना में सर्विस रोड पर पहले से ही पानी की समस्या के कारण कई गड्ढे बने हुए हैं। यातायात डायवर्ट होने से सर्विस रोड पर भी जाम लग गया, जिससे वाहनों को निकलने में काफी परेशानी का सामना करना पड़ा।
12वें अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर आज झुंझुनूं जिले में उत्साह, उमंग और अनुशासन का अनूठा माहौल देखने को मिला। जिला स्तरीय मुख्य सामूहिक योगाभ्यास कार्यक्रम का आयोजन शहर के स्वर्ण जयंती स्टेडियम में किया गया। इस भव्य कार्यक्रम में जनप्रतिनिधियों, प्रशासनिक अधिकारियों, कर्मचारियों, छात्र-छात्राओं और आम नागरिकों ने बहुत बड़ी संख्या में भाग लेकर एक साथ योगाभ्यास किया और पूरे समाज को बेहतर स्वास्थ्य व फिटनेस का संदेश दिया। योग प्रशिक्षकों ने सिखाए आसन, बताए फायदे स्टेडियम में आयोजित इस कार्यक्रम के दौरान अनुभवी योग प्रशिक्षकों ने मंच से उपस्थित जनसमुदाय को विभिन्न प्रकार के योगासन, प्राणायाम और ध्यान का अभ्यास कराया। प्रशिक्षकों ने हर आसन को सही तरीके से करने की विधि बताने के साथ-साथ उनसे शरीर और मन को मिलने वाले स्वास्थ्य लाभों की भी विस्तार से जानकारी दी। प्रशासनिक अधिकारी और जनप्रतिनिधि एक साथ आए नजर समारोह में जिले के आला अधिकारियों और प्रमुख राजनेताओं ने भी आमजन के साथ बैठकर योग की क्रियाएं कीं। विश्वकर्मा बोर्ड के चेयरमैन रामगोपाल सुथार, जिले के प्रभारी सचिव नवीन जैन, जिला कलेक्टर अरुण गर्ग, विधायक राजेंद्र भांबू, भाजपा जिला अध्यक्ष हर्षिनी कुल्हरी, पूर्व सांसद नरेंद्र खीचड़ पूर्व विधायक शुभकरण चौधरी शामिल थे। नियमित योग से मन शांत और जीवन संतुलित रहता है: सुथार कार्यक्रम को संबोधित करते हुए विश्वकर्मा बोर्ड के चेयरमैन रामगोपाल सुथार ने कहा, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के दूरदर्शी नेतृत्व के कारण ही भारत की इस प्राचीन और अमूल्य योग परंपरा को आज पूरी दुनिया में वैश्विक पहचान मिली है। आज दुनिया के सैकड़ों देश योग को अपनाकर स्वास्थ्य लाभ ले रहे हैं। उन्होंने आगे कहा कि नियमित योग करने से शरीर पूरी तरह स्वस्थ रहता है, मन को शांति मिलती है और जीवन में संतुलन आता है। इसलिए हर व्यक्ति को योग को अपनी दैनिक दिनचर्या का हिस्सा जरूर बनाना चाहिए। स्वस्थ रहने की भारतीय विरासत अब पूरे विश्व में: नवीन जैन जिले के प्रभारी सचिव नवीन जैन ने कहा कि स्वस्थ रहने की हमारी गौरवशाली भारतीय विरासत आज पूरे विश्व में फैल चुकी है। योग केवल एक शारीरिक व्यायाम नहीं है, बल्कि यह जीवन जीने की एक सबसे श्रेष्ठ और वैज्ञानिक पद्धति है। उन्होंने कार्यक्रम में आए सभी लोगों से अपील की कि वे केवल योग दिवस के दिन ही नहीं, बल्कि साल के पूरे 365 दिन प्रतिदिन योगाभ्यास करें और एक अच्छी जीवनशैली अपनाएं। सभी को दिलाई गई नशामुक्ति की शपथ शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य के संदेश के साथ-साथ इस कार्यक्रम में सामाजिक सुधार का संकल्प भी जोड़ा गया। योगाभ्यास के समापन पर कार्यक्रम में मौजूद सभी अधिकारियों, जनप्रतिनिधियों और आम जनता को नशामुक्ति की गंभीर शपथ दिलाई गई, ताकि युवा पीढ़ी को नशे की लत से दूर रखकर एक स्वस्थ समाज का निर्माण किया जा सके।
अयोध्या में टेम्प्रेचर 38C:22 जून से लेकर 24 जून के बीच मौसम बदलने के आसार
अयोध्या जिले में उमसभरी गर्मी से लोगों की मुश्किलें लगातार बढ़ रही हैं। मानसून की धीमी रफ्तार के कारण तापमान और नमी दोनों बढ़ गए हैं, जिससे जनजीवन प्रभावित हो रहा है। शनिवार को कुछ इलाकों में हल्की बारिश जरूर हुई, लेकिन इससे गर्मी और उमस से कोई खास राहत नहीं मिली। दिनभर तेज उमस और गर्म हवाओं के कारण लोग परेशान रहे। बाजारों और सड़कों पर भी गर्मी का असर साफ दिखाई दिया। लोग जरूरी काम होने पर ही घरों से बाहर निकलते नजर आए। 25 जून तक राहत मिलने की उम्मीद कम कुमारगंज कृषि विश्वविद्यालय के मौसम वैज्ञानिक डॉ. सीताराम मिश्रा ने बताया कि सामान्य परिस्थितियों में 15 जून तक प्री-मानसून गतिविधियां शुरू हो जाती हैं, जिससे तापमान में गिरावट आने लगती है। लेकिन इस बार मानसून की रफ्तार धीमी पड़ गई है और उसकी प्रगति फिलहाल थमी हुई है। उन्होंने बताया कि 22 से 24 जून के बीच मौसम में कुछ बदलाव देखने को मिल सकता है, लेकिन 25 जून तक उमसभरी गर्मी से बड़ी राहत मिलने की संभावना नहीं है। बिजली कटौती ने बढ़ाई मुश्किलें गर्मी के साथ लगातार हो रही बिजली कटौती लोगों की परेशानी और बढ़ा रही है। कई इलाकों में रात के समय 3 से 4 घंटे तक बिजली आपूर्ति बाधित हो रही है। इससे बच्चों, बुजुर्गों और मरीजों को सबसे ज्यादा दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। स्थानीय लोगों का कहना है कि उमस भरी रातों में बिजली कटने से सोना मुश्किल हो गया है और दिनभर की थकान के बाद भी राहत नहीं मिल पा रही। तापमान 38 डिग्री सेल्सियस पहुंचा कृषि विश्वविद्यालय कुमारगंज की मौसम वेधशाला के अनुसार शनिवार को अधिकतम तापमान 38 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 29 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। इसके अलावा अधिकतम सापेक्षिक आर्द्रता 78 प्रतिशत और न्यूनतम 52 प्रतिशत रही। हवा की गति 3.1 किलोमीटर प्रति घंटा रिकॉर्ड की गई, जबकि हवा उत्तर-पश्चिम दिशा से चली। पिछले 24 घंटों में जिले में कोई उल्लेखनीय वर्षा दर्ज नहीं की गई। अगले 24 घंटे भी गर्मी से राहत नहीं मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार अगले 24 घंटों के दौरान पूर्वी उत्तर प्रदेश में हल्के बादल छाए रह सकते हैं, लेकिन बारिश की संभावना नहीं है।
लुधियाना के कस्बा खन्ना के पास लुधियाना-अमृतसर नेशनल हाईवे पर रविवार को एक चलती स्लीपर बस में आग लग गई। बस में लगभग 80 यात्री सवार थे, जिनमें महिलाएं और बच्चे भी शामिल थे। गनीमत रही कि सभी यात्रियों को समय रहते सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया, जिससे एक बड़ा हादसा टल गया। यह बस जालंधर से उत्तर प्रदेश के गोंडा जिले की ओर जा रही थी। खन्ना के समीप बिजा गांव के पास पहुंचते ही बस में अचानक आग लग गई। देखते ही देखते आग ने पूरी बस को अपनी चपेट में ले लिया। चालक और परिचालक ने तुरंत बस को सड़क किनारे रोककर यात्रियों को बाहर निकालना शुरू कर दिया। आग लगते ही यात्रियों में मची चीख-पुकार आग लगते ही बस में सवार यात्रियों में चीख-पुकार मच गई। कई यात्री अपनी जान बचाने के लिए जल्दबाजी में बस से नीचे उतरे। इस दौरान कुछ यात्रियों को मामूली चोटें आईं और कुछ झुलस गए, जिन्हें मौके पर ही प्राथमिक उपचार दिया गया। यात्रियों का सामान भी जलकर राख हो गया। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंच गए। खन्ना की एसडीएम स्वाति तिवाना ने भी घटनास्थल का दौरा कर राहत एवं बचाव कार्यों का जायजा लिया। प्रशासन ने प्रभावित यात्रियों के लिए आवश्यक सहायता उपलब्ध करवाई और उन्हें सुरक्षित स्थानों तक पहुंचाने के इंतजाम किए। दमकल विभाग की टीमों ने मौके पर पहुंचकर कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया, लेकिन तब तक बस पूरी तरह जल चुकी थी। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। प्रारंभिक तौर पर आग लगने का कारण तकनीकी खराबी माना जा रहा है, हालांकि वास्तविक कारण जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा। इस हादसे में किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है, लेकिन यात्रियों को भारी आर्थिक नुकसान हुआ है।
कोरबा में 12वें अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस पर शनिवार को जिला स्तरीय सामूहिक योग कार्यक्रम लोकमाता देवी अहिल्याबाई होल्कर कन्वेंशन हॉल में आयोजित किया गया। छत्तीसगढ़ शासन के कौशल विकास, तकनीकी शिक्षा, रोजगार और अनुसूचित जाति विकास मंत्री गुरु खुशवंत साहेब मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। मंत्री खुशवंत साहेब ने जनप्रतिनिधियों, अधिकारियों, कर्मचारियों, विद्यार्थियों और नागरिकों के साथ ताड़ासन, पवनमुक्तासन, हलासन, शवासन, कपालभाति, अनुलोम-विलोम, भ्रामरी और प्राणायाम का अभ्यास किया। सभी प्रतिभागियों को स्वस्थ जीवनशैली, नियमित योग और नशामुक्त भारत की शपथ दिलाई गई। इस अवसर पर मंत्री खुशवंत साहेब ने कहा कि योग भारत की ऋषि परंपरा की अमूल्य देन है, जिसने विश्व को स्वस्थ जीवन और मानसिक शांति का मार्ग दिखाया है। उन्होंने आधुनिक जीवनशैली में बढ़ते तनाव के बीच योग को संतुलित जीवन का प्रभावी माध्यम बताया। योग को वैश्विक पहचान और राज्य सरकार की प्राथमिकताओं पर जोर उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के प्रयासों से योग को वैश्विक पहचान मिलने और मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में राज्य सरकार की ओर से स्वास्थ्य, शिक्षा व कौशल विकास को प्राथमिकता देने की बात कही। मंत्री ने यह भी जोड़ा कि योग युवाओं में अनुशासन, आत्मविश्वास और मानसिक दृढ़ता बढ़ाता है। महापौर और कलेक्टर ने योग के स्वास्थ्य लाभ बताए महापौर संजू देवी राजपूत ने योग को भागदौड़ भरी जिंदगी में बीमारियों से बचने और रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने के लिए फायदेमंद बताया। कलेक्टर कुणाल दुदावत ने योग को शरीर को स्वस्थ रखने, मन का संतुलन बनाने और शारीरिक-मानसिक दक्षता बढ़ाने का सर्वोत्तम माध्यम बताया। 12 साल बेमिसाल’ अभियान के तहत योग शिविर भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) जिला कोरबा ने भी प्रधानमंत्री मोदी के '12 साल बेमिसाल' अभियान के तहत टीपी नगर स्थित आशीर्वाद पॉइंट पर एक वृहद योग शिविर का आयोजन किया। जिलाध्यक्ष गोपाल मोदी ने कहा कि योग से भारत का गौरव बढ़ रहा है। पतंजलि योगपीठ की जया मिश्रा ने शिविर में योगाभ्यास कराया। मंडल हरदी बाजार ने आत्मानंद स्कूल में एक और शिविर लगाया, जिसका संचालन जिला मंत्री अजय दुबे ने किया। मंडल अध्यक्ष कृष्णा पटेल की अध्यक्षता में बड़ी संख्या में कार्यकर्ता इसमें शामिल हुए।
कोडरमा जिले के डोमचांच प्रखंड स्थित सीएम प्लस टू हाई स्कूल के खेल मैदान में आयोजित 12वें अंतरराष्ट्रीय योग दिवस कार्यक्रम के दौरान उस समय विवाद खड़ा हो गया, जब स्थानीय विधायक को मंच पर दीप प्रज्वलन के लिए आमंत्रित नहीं किया गया। कार्यक्रम में कोडरमा की सांसद सह केंद्रीय महिला एवं बाल विकास मंत्री अन्नपूर्णा देवी, भाजपा जिलाध्यक्ष अनूप जोशी, उपायुक्त सहित कई प्रशासनिक अधिकारी और जनप्रतिनिधि मौजूद थे। कार्यक्रम की शुरुआत दीप प्रज्वलन से हुई, जिसमें केवल चुनिंदा अतिथियों को मंच पर बुलाया गया। इसी दौरान विधायक डॉ. नीरा यादव को नजरअंदाज किए जाने से मामला गरमा गया। विधायक ने जताई कड़ी आपत्ति मंच से अलग रखे जाने पर विधायक डॉ. नीरा यादव ने इसे प्रोटोकॉल का उल्लंघन बताते हुए नाराजगी जताई। उन्होंने मौके पर मौजूद अधिकारियों को फटकार लगाते हुए कहा कि वह पिछले 12 वर्षों से लगातार योग दिवस कार्यक्रम में भाग लेती रही हैं, लेकिन इस तरह का व्यवहार पहले कभी नहीं हुआ। उन्होंने कहा कि यह एक सरकारी कार्यक्रम था। इसके बावजूद न तो मंच पर उनका नाम प्रदर्शित किया गया और न ही उनकी तस्वीर लगाई गई। विधायक ने इसे व्यक्तिगत अपमान बताते हुए कहा कि इस तरह की लापरवाही प्रशासनिक स्तर पर गंभीर सवाल खड़े करती है। कार्यक्रम का सम्मान करते हुए रुकीं डॉ. नीरा यादव ने स्पष्ट कहा कि वह इस व्यवहार से आहत होकर कार्यक्रम छोड़कर जा सकती थीं, लेकिन यह प्रधानमंत्री से जुड़ा महत्वपूर्ण आयोजन था, इसलिए उन्होंने कार्यक्रम में बने रहना उचित समझा। उन्होंने कहा कि किसी भी जनप्रतिनिधि के साथ इस प्रकार का व्यवहार न केवल असम्मानजनक है, बल्कि प्रोटोकॉल की अनदेखी भी है। विधायक ने चेतावनी दी कि वह इस मामले को उच्च स्तर पर उठाएंगी ताकि भविष्य में इस तरह की स्थिति दोबारा न उत्पन्न हो। कार्यक्रम के दौरान कुछ देर के लिए माहौल तनावपूर्ण रहा, हालांकि बाद में योगाभ्यास का कार्यक्रम सामान्य रूप से संपन्न कराया गया।
बाड़मेर में सेल्फी लेने के दौरान मां-बेटी पानी की डिग्गी में गिर गई। इससे दोनों की मौत हो गई। घटना बाड़मेर जिले के सदर थाना इलाके बानो की बेरी दूध गांव सुबह साढ़े 10 बजे की है। सूचना मिलने पर सदर पुलिस मौके पर पहुंची। करीब तीन घंटे के रेस्क्यू के बाद दोनों को बाहर निकाला गया। वहीं शव को धोरीमन्ना हॉस्पिटल की मॉर्च्युरी में शिफ्ट करवारया गया। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच पड़ताल कर रही है। मृतका के भाई जालाराम ने बताया कि बहन जीयो देवी (30) पत्नी गोसाईराम बेटे हितेश (7) के साथ तीन दिन पहले ही अपने पीहर आई थी। रविवार को परिवार के लोग सामाजिक प्रोग्राम में गए हुए थे। जीयो और उसका बेटा था। सुबह करीब डिग्गी का गेट खोलकर सेल्फी ले रहे थे। इस दौरान 7 साल का बेटा फिसलकर डिग्गी के अंदर गिर गया। बेटे को डूबता देखकर मां उसे बचाने के लिए कूद गई। दोनों डिग्गी में डूब गई। चिल्लाने की आवाज सुनकर आसपास के लोग मौके पर पहुंचे। लोगों ने पुलिस और सूचना दी। पानी गहरा होने के कारण बाहर निकालने में बड़ी मुश्किल का सामना करना पड़ा। सिविल डिफेंस की टीम मौके पर पहुंची। स्थानीय लोगों की मदद से करीब 3 घंटे बाद मां और बेटे के शवों को बाहर निकाला गया। सूचना मिलने पर सदर पुलिस मौके पर मौके पर पहुंची। पुलिस ने दोनों के शवों को धोरीमन्ना हॉस्पिटल की मॉर्च्युरी में रखवाया गया। फिलहाल ससुराल पक्ष को सूचना दी गई। कितनोरिया गांव से ससुराल आने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी। साल 2025 में हुई थी दोनों की शादी मिली जानकाी के अनुसार जीयों देवी की शादी गोसाई राम निवासी कितनोरिया से साल 2015 में हुई थी। तीन दिन पहले ही ससुराल से अपने पीहर आई थी।
चंडीगढ़ में हाल ही में हुए सनसनीखेज हत्याकांड के बाद पड़ोसी शहर मोहाली में पुलिस प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद हो गया है। सुरक्षा व्यवस्था को पुख्ता करने के लिए मोहाली पुलिस ने शनिवार को शहर के सभी प्रमुख प्रवेश द्वारों (एंट्री प्वाइंट्स) पर एक विशेष हाईटेक नाकाबंदी अभियान चलाया। इस अभियान के तहत आधुनिक तकनीक का सहारा लेकर आने-जाने वाले सभी वाहनों और संदिग्ध व्यक्तियों की गहन चेकिंग की गई। डीएसपी मुख्यालय वरिंदर सिंह खोसा ने मामले की जानकारी देते हुए बताया कि पुलिस को मिले एक खुफिया इनपुट के आधार पर यह विशेष ऑपरेशन शुरू किया गया है। सुरक्षा को अभेद्य बनाने के लिए नाकों पर पहली बार सैटेलाइट से जुड़े अत्याधुनिक कैमरे तैनात किए गए हैं। इन कैमरों की लाइव फीड सीधे पुलिस मुख्यालय कंट्रोल रूम तक पहुंच रही है, जिससे संदिग्ध गतिविधियों पर 'रियल-टाइम' (वास्तविक समय) में पैनी नजर रखी जा रही है। अत्याधुनिक हथियारों से लैस मुस्तैद जवान डीएसपी खोसा के मुताबिक, चंडीगढ़ हत्याकांड में हमलावरों द्वारा अत्याधुनिक हथियारों का इस्तेमाल किए जाने की बात सामने आई थी। इसी को ध्यान में रखते हुए मोहाली पुलिस ने भी अपनी रणनीति बदली है। नाकों पर तैनात पुलिस अधिकारियों और जवानों को अत्याधुनिक हथियारों से लैस किया गया है, ताकि किसी भी आपातकालीन स्थिति या अप्रिय घटना से मौके पर ही सख्ती से निपटा जा सके। नियम तोड़े तो मौके पर ही 'ई-चालान' सुरक्षा जांच के साथ-साथ पुलिस ट्रैफिक नियमों का उल्लंघन करने वालों पर भी सख्त नजर रख रही है। नाकों पर मौजूद टीमें इलेक्ट्रॉनिक चालान मशीनों से लैस हैं। नियमों की अनदेखी करने वाले वाहन चालकों के मौके पर ही डिजिटल चालान काटे जा रहे हैं। जनता से सहयोग की अपील अभियान के दौरान पुलिस की विभिन्न टीमों ने कई संदिग्ध वाहनों की तलाशी ली और लोगों से पूछताछ की। डीएसपी वरिंदर सिंह खोसा ने स्थानीय नागरिकों से कानून व्यवस्था बनाए रखने में पुलिस का सहयोग करने की अपील की है। उन्होंने स्पष्ट किया कि क्षेत्र में अमन-शांति और सुरक्षा का माहौल बनाए रखने के लिए आने वाले दिनों में भी इस तरह के विशेष चेकिंग अभियान लगातार जारी रहेंगे।
गुरुग्राम की इंजीनियर पी राधा गायत्री की मौत के मामले में बड़ा खुलासा हुआ है। उसके पिता परुपुदी सुधाकर बेटी का अंतिम संस्कार करने के बाद दोबारा मसूरी पहुंचे और अपने दामाद पर हत्या का आरोप लगाते हुए पुलिस को नई शिकायत दी। उन्होंने अपने दामाद सौम्या श्रीचरण पर बेटी की हत्या की साजिश रचने का शक जताते हुए पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की है। उन्होंने आरोप लगाया कि उनकी बेटी की मौत सामान्य नहीं बल्कि सुनियोजित हत्या हो सकती है। क्योंकि दामाद कई महीनों से उनकी बेटी को परेशान कर रहा था और अब घटना को शराब सेवन या दुर्घटना से जोड़कर मामले को भटकाने की कोशिश की जा रही है। क्योंकि उसकी बेटी शराब नहीं पीती थी। जिससे यह मामला संदिग्ध बन गया है। जबरन शराब पिलाने काआरोप पिता ने बताया कि उनकी बेटी की मौत 15 जून को मसूरी के एक होम स्टे में हुई थी। उनकी बेटी शराब नहीं पीती थी, इसलिए शराब सेवन की बात पूरी तरह गलत है। उन्होंने आशंका जताई कि दामाद ने कोल्ड ड्रिंक या किसी अन्य पेय पदार्थ में शराब अथवा कोई नशीला पदार्थ मिलाकर बेटी को जबरन पिलाया दिया। उन्होंने आरोप लगाया कि शादी के बाद से ही उनकी बेटी को प्रताड़ित किया जा रहा था। करीब सात महीने पहले दोनों की शादी हुई थी और परिवार की ओर से रिश्ते सुधारने की लगातार कोशिश की जा रही थी। घटना की जानकारी चार घंटे बाद दी मृतका के पिता ने आरोप लगाया कि घटना के बाद उन्हें समय पर पूरी जानकारी नहीं दी गई। उन्होंने दामाद से घटनास्थल की तस्वीरें और वीडियो मांगे थे, लेकिन उन्हें उपलब्ध नहीं कराया गया। परिवार आंध्र प्रदेश में रहता है, इसलिए उत्तराखंड पहुंचने में समय लगा। उनके अनुसार घटनास्थल की परिस्थितियां भी संदेह पैदा करती हैं। उनका कहना है कि यदि मौत अचानक या स्वाभाविक होती तो शव बिस्तर पर होना चाहिए था। पुलिस जांच पर भी उठाए सवाल पिता ने पुलिस जांच पर भी सवाल उठाए हैं। उनका कहना है कि उनकी शिकायत को गंभीरता से नहीं लिया जा रहा था और उन्हें केवल पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट आने तक इंतजार करने के लिए कहा जा रहा था। उन्होंने मामले में निष्पक्ष जांच और दामाद से विस्तृत पूछताछ की मांग की है। पुलिस जांच कर रही इस संबंध में मसूरी क्षेत्राधिकारी जगदीश पंत ने बताया कि पिता की शिकायत के आधार पर जांच शुरू कर दी गई है। शिकायत में लगाए गए आरोपों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में फिलहाल कोई स्पष्ट संदिग्ध तथ्य सामने नहीं आया है, लेकिन मृतका का विसरा और हृदय जांच के लिए भेजा गया है। इसकी रिपोर्ट करीब एक महीने बाद मिलने की संभावना है। पावर बढ़ाने वाली दवा की हैवी डोज से ब्रेन हैमरेज की आशंका डॉक्टरों के शुरुआती अनुमान के मुताबिक अत्यधिक शराब सेवन के साथ किसी पावर बढ़ाने वाली दवा के अधिक मात्रा में सेवन से महिला का ब्लड प्रेशर अचानक काफी बढ़ गया होगा। आशंका जताई जा रही है कि इसी कारण साइलेंट ब्रेन हैमरेज हुआ, जिसके चलते नाक और मुंह से रक्तस्राव हुआ और मौके पर ही उसकी मौत हो गई। हालांकि, अभी तक पुलिस या चिकित्सकों की ओर से इस संबंध में कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है। मृतका का विसरा और अन्य नमूने जांच के लिए भेजे गए हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि फोरेंसिक और विसरा रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के वास्तविक कारणों की पुष्टि हो सकेगी। पिता के जन्मदिन पर घर आने वाली थी मृतका के पिता परुपुदी सुधाकर का 19 जून को 60वां जन्मदिन था। परिवार के अनुसार, गायत्री ने अपने पति के साथ 18 जून को विशाखापट्टनम पहुंचने की बात कही थी ताकि वह पिता का जन्मदिन परिवार के साथ मना सके। पी. सुधाकर भारतीय सेना से सेवानिवृत्त हैं और आंध्र प्रदेश के विशाखापट्टनम के पेंडुर्थी क्षेत्र स्थित चिन्नामुशिदिवाड़ा कॉलोनी में रहते हैं। परिवार के मुताबिक, गायत्री और उसके पति ने इसी कॉलोनी में एक नया फ्लैट भी खरीदा था। परिवार की योजना थी कि 19 जून को पिता का जन्मदिन मनाने के बाद नए घर में पूजा-पाठ और गृह प्रवेश से जुड़े धार्मिक अनुष्ठान किए जाएंगे, लेकिन उससे पहले ही यह घटना हो गई।
उन्नाव में ट्रेन की चपेट में आकर अधेड़ की मौत:रेलवे ट्रैक पार करते समय हुआ हादसा, पुलिस जांच जारी
उन्नाव के सदर कोतवाली क्षेत्र स्थित शांति नगर मोहल्ले में शनिवार रात एक व्यक्ति की ट्रेन की चपेट में आने से मौत हो गई। रेलवे ट्रैक पार करते समय यह हादसा हुआ। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और आवश्यक कार्रवाई शुरू की। मृतक की पहचान शांति नगर निवासी 45 वर्षीय मनोज पाल पुत्र पुतान पाल के रूप में हुई है। मनोज पाल मजदूरी कर अपने परिवार का भरण-पोषण करते थे और एक फैक्ट्री में कार्यरत थे। जानकारी के अनुसार, मनोज पाल शांति नगर क्षेत्र में रेलवे लाइन के पास किसी काम से गए थे, तभी वह ट्रेन की चपेट में आ गए। हादसा इतना गंभीर था कि उनकी मौके पर ही मृत्यु हो गई। घटना की सूचना मिलने पर आसपास के लोगों की भीड़ जमा हो गई। मनोज पाल के परिवार में उनकी पत्नी के अलावा चार बेटियां और एक बेटा है। मनोज की मौत की खबर मिलते ही परिजन घटनास्थल पर पहुंचे। परिवार के सदस्यों का कहना है कि मनोज ही परिवार की जिम्मेदारी संभाल रहे थे, और उनकी अचानक मृत्यु से परिवार के सामने आर्थिक संकट खड़ा हो गया है। पुलिस ने शव का पंचनामा भरकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। पोस्टमार्टम हाउस पर परिजन न्यायिक प्रक्रिया पूरी होने का इंतजार करते रहे। पुलिस मामले की जांच कर रही है ताकि हादसे की परिस्थितियों का पता चल सके।
इंदौर के लसूड़िया थाना क्षेत्र के निरंजनपुर में पुराने विवाद को लेकर एक युवक और उसके भाई पर हमला करने का मामला सामने आया है। आरोप है कि आरोपी अपने साथियों के साथ घर पहुंचा और चाकू से हमला कर दिया। पुलिस ने मामले में प्रकरण दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस के अनुसार निरंजनपुर निवासी प्रदीप राजोरे (28) ने शिकायत दर्ज कराई है। उसने बताया कि करीब दो साल पहले उसका लखन खोरे से विवाद हुआ था, जिसकी शिकायत खजराना थाने में भी दर्ज कराई गई थी। फरियादी के मुताबिक रात में लखन खोरे अपने कुछ साथियों के साथ उसके घर पहुंचा और पुराने विवाद को लेकर गाली-गलौज करने लगा। जब प्रदीप और उसके भाई विकास ने इसका विरोध किया तो आरोपियों ने दोनों के साथ मारपीट शुरू कर दी। प्रदीप मजदूरी का काम करता है। चाकू से किए कई वार, भाई गंभीर घायल आरोप है कि लखन खोरे ने चाकू निकालकर विकास पर हमला कर दिया। हमले में चाकू के करीब आधा दर्जन वार किए गए, जिससे विकास के पेट, पीठ और जांघ में गंभीर चोटें आईं। बीच-बचाव करने पहुंचे प्रदीप को भी चाकू से सिर पर चोट पहुंचाई गई। घटना के बाद आरोपी मौके से फरार हो गए। घायल विकास को इलाज के लिए अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उसका उपचार जारी है। पुलिस के अनुसार प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि आरोपी खजराना थाने में दर्ज पुराने मामले में समझौता करने का दबाव बना रहे थे। पुलिस आरोपियों की तलाश कर मामले की जांच कर रही है। कोर्ट में गवाही बदलने का बना रहे थे दबाव बाणगंगा थाना क्षेत्र में पुराने विवाद को लेकर एक युवक पर चाकू से हमला करने और उसकी कार में तोड़फोड़ करने का मामला सामने आया है। आरोप है कि बदमाश युवक पर कोर्ट में बयान बदलने और पुराने मामले में राजीनामा करने का दबाव बना रहे थे। पुलिस ने चार आरोपियों के खिलाफ प्रकरण दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस के अनुसार नई बस्ती, भागीरथपुरा निवासी रवि विश्वकर्मा ने शिकायत दर्ज कराई है। रवि ने बताया कि रात करीब 10:30 बजे वह अपनी गाड़ी लेने के लिए बाबू मार्केट, भागीरथपुरा पहुंचा था। इसी दौरान विकाश यादव, गोलू शर्मा, बबुआ यादव और अम्मू खटीक बाइक से वहां पहुंचे। आरोपियों ने रवि से पहले दर्ज मामले में कोर्ट में गवाही बदलने और राजीनामा करने के लिए दबाव बनाया। रवि ने जब इससे इनकार किया तो विवाद बढ़ गया। विरोध करने पर चाकू से हमला, कार में तोड़फोड़ शिकायत के मुताबिक विकाश यादव ने चाकू निकालकर रवि पर हमला कर दिया। वहीं अन्य आरोपियों ने उसकी खड़ी कार के कांच फोड़ दिए और वाहन को नुकसान पहुंचाया। घटना के बाद आरोपी मौके से फरार हो गए। रवि की शिकायत पर बाणगंगा पुलिस ने चारों आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस आरोपियों की तलाश कर मामले की जांच कर रही है।
बीपीएससी की परीक्षा में नालंदा के सिलाव प्रखंड के लक्ष्मीपुर के मूल निवासी रजनीश कुमार ने सफलता का परचम लहराया है। इन्होंने रेवेन्यू ऑफिसर का पद हासिल किया है। रजनीश की इस सफलता से उनके पैतृक गांव सिलाव थाना क्षेत्र के लक्ष्मीपुर और वर्तमान निवास स्थान कपटिया (नालंदा) सहित पूरे जिले में उल्लास का माहौल है। परिजनों, ग्रामीणों और दोस्तों की ओर से रजनीश को बधाइयां देने का तांता लगा हुआ है। बिहार की सेवा करने का था जज्बा नेतरहाट विद्यालय के पूर्व छात्र रहे रजनीश कुमार शुरू से ही मेधावी रहे हैं। इससे पहले उनका चयन यूपीएससी की ओर से आयोजित असिस्टेंट कमांडेंट के पद पर भी हो चुका था। इसके बावजूद, गृह राज्य बिहार में रहकर प्रशासनिक क्षेत्र में जमीनी स्तर पर बेहतर काम करने की इच्छा के कारण उन्होंने बीपीएससी को चुना। रजनीश ने बताया कि मैं हमेशा से चाहता था कि बिहार में रहकर ही जनता की सेवा करूं। बीपीएससी के माध्यम से मुझे यह बेहतरीन अवसर मिला है। हालांकि, उनकी यात्रा यहीं खत्म नहीं हुई है; उनका अंतिम लक्ष्य यूपीएससी क्रैक कर देश की सर्वोच्च सेवा में जाना है, जिसके लिए वे अपनी तैयारी आगे भी जारी रखेंगे। सफलता का श्रेय माता-पिता और दोस्तों को दिया अपनी इस शानदार सफलता पर रजनीश कुमार ने अपने माता-पिता के त्याग और दोस्तों के सहयोग को याद किया। उन्होंने कहा कि दिल्ली में रहकर सिविल सर्विसेज की तैयारी के दौरान उन्हें परिवार से भरपूर आर्थिक और भावनात्मक सहयोग मिला। सफल अभ्यर्थियों और भविष्य के छात्रों को गुरुमंत्र देते हुए रजनीश ने कहा कि परीक्षा में सफलता के लिए सबसे पहले सिलेबस को अच्छी तरह समझें और प्रीवियस ईयर क्वेश्चन का बारीकी से अध्ययन करें, उसी के अनुसार अपनी रणनीति बनाएं। सेवानिवृत्त सब-इंस्पेक्टर पिता और मां को बेटे पर है गर्व रजनीश के पिता महेश कुमार, जो पुलिस विभाग में सब-इनस्पेक्टर के पद से सेवानिवृत्त हैं, बेटे की कामयाबी पर फूले नहीं समा रहे हैं। उन्होंने कहा कि हमें पूरा विश्वास है कि वह आगे चलकर यूपीएससी की परीक्षा भी पास करेगा। हमने हमेशा उसे सिर्फ एक ही सीख दी—कड़ा परिश्रम करो। वहीं, रजनीश की माता सरोज देवी ने कहा कि उन्होंने बचपन से ही बच्चों की पढ़ाई-लिखाई पर पूरा ध्यान दिया। उन्होंने अन्य अभिभावकों को भी संदेश दिया कि वे अपने बच्चों पर धैर्य रखें और उनकी क्षमताओं पर पूरा भरोसा करें। पांच भाई-बहनों में सबसे छोटे हैं रजनीश घर में सबसे छोटे भाई की इस उपलब्धि पर उनकी बड़ी बहन रीना कुमारी (बीएड) ने खुशी जाहिर करते हुए कहा कि पूरा परिवार हमेशा रजनीश की पढ़ाई के लिए समर्पित रहा। माता-पिता ने पढ़ाई के खर्च में कभी कोई कमी नहीं होने दी और सभी भाई-बहनों ने उसे आगे बढ़ने के लिए लगातार प्रेरित किया, जिसका मीठा फल आज सबके सामने है।
कानपुर एयरपोर्ट पर 12वां अंतरराष्ट्रीय योग दिवस:अधिकारियों-कर्मचारियों ने उत्साह से किया योगाभ्यास
भारतीय विमानपत्तन प्राधिकरण (एएआई) द्वारा संचालित कानपुर हवाई अड्डे पर रविवार को 12वां अंतरराष्ट्रीय योग दिवस उत्साह और उमंग के साथ मनाया गया। इस अवसर पर एयरपोर्ट परिसर योग साधना का केंद्र बन गया, जहां अधिकारियों, कर्मचारियों और विभिन्न संस्थाओं के प्रतिनिधियों ने एक साथ योगाभ्यास कर स्वस्थ जीवन का संदेश दिया। कार्यक्रम का शुभारंभ सुबह दीप प्रज्ज्वलन और ‘वन्दे मातरम्’ के सामूहिक गायन के साथ हुआ। इसके बाद सभी प्रतिभागियों ने योग को अपनी दिनचर्या का हिस्सा बनाने तथा स्वस्थ समाज के निर्माण में योगदान देने की शपथ ली। योग सत्र में भारतीय विमानपत्तन प्राधिकरण के अधिकारियों और कर्मचारियों के साथ-साथ सीआईएसएफ, इंडिगो एयरलाइंस और अन्य हितधारकों के प्रतिनिधियों ने भी बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। एक योग गुरु ने प्रतिभागियों को योग के महत्व, उसके वैज्ञानिक लाभों और दैनिक जीवन में उसकी उपयोगिता के बारे में जानकारी दी। इसके उपरांत, विशेषज्ञों के मार्गदर्शन में सामूहिक योगाभ्यास कराया गया, जिसमें विभिन्न योगासन और प्राणायाम शामिल थे। इस दौरान पूरा एयरपोर्ट परिसर योग की सकारात्मक ऊर्जा से ओत-प्रोत दिखा। प्रतिभागियों ने योग के माध्यम से शारीरिक, मानसिक और आध्यात्मिक संतुलन बनाए रखने का संदेश दिया। कार्यक्रम में स्वस्थ शरीर, स्वस्थ मन की भावना स्पष्ट रूप से परिलक्षित हुई। योग सत्र का समापन राष्ट्रगान के साथ हुआ। इस अवसर पर भारतीय विमानपत्तन प्राधिकरण, कानपुर के अधिकारियों ने सभी प्रतिभागियों का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि योग केवल व्यायाम नहीं, बल्कि स्वस्थ और संतुलित जीवन जीने की एक प्रभावी जीवनशैली है। अधिकारियों ने भविष्य में भी ऐसे आयोजनों के माध्यम से लोगों को योग के प्रति जागरूक करने का संकल्प दोहराया। एयरपोर्ट निदेशक प्रदीप यादव ने बताया कि योग भारत की अमूल्य विरासत है, जिसे आज पूरी दुनिया अपना रही है। उन्होंने कहा कि योग केवल व्यायाम नहीं, बल्कि जीवन को संतुलित, अनुशासित और सकारात्मक बनाने की कला है। उन्होंने उपस्थित जवानों से आह्वान किया कि वे योग को अपनी दैनिक दिनचर्या का हिस्सा बनाएं, ताकि शारीरिक और मानसिक रूप से सशक्त रहकर राष्ट्र सेवा में बेहतर योगदान दे सकें।
मोहाली में प्राइवेट लॉजिस्टिक्स फर्म में घुसकर अपनी एक्स गर्लफ्रेंड की मारने वाले आरोपी हरजिंदर ने हत्या में प्रयोग 3 चाकू ऑनलाइन मंगवाए थे। यह खुलासा आरोपी ने पुलिस पूछताछ में किया है। हालांकि आरोपी हरजिंदर सिंह मान को डर था कि डिंपल उससे सारे रिश्ते तोड़कर शहर छोड़ देगी। इसी खौफ और गुस्से में उसने दफ्तर के अंदर घुसकर इस खूनी वारदात को अंजाम दिया। आरोपी को पुलिस ने न्यायिक हिरासत में भेज दिया है। अब पुलिस आरोपी की चार्जशीट और सबूतों को जुटाने में जुट गई। पुलिस की कोशिश अधिक से अधिक गवाह बनाने और वीडियो रिकॉर्ड को मजबूत सबूत के रूप में पेश करने की है। ताकि केस अदालत में किसी भी तरह से कमजोर न पड़े। अब 4 प्वाइंट में जानिए आरोपी ने पूछताछ में क्या बताया 1. पुलिस पूछताछ में सामने आया है कि डिंपल खत्री आरोपी हरजिंदर सिंह मान के बीच बातचीत नहीं कर रही थी। डिंपल ने उससे दूरी बना ली थी, जिससे आरोपी बुरी तरह घबरा गया था कि वह उसे हमेशा के लिए छोड़ देगी। 2. वारदात से कुछ समय पहले आरोपी ने डिंपल के भाई से भी संपर्क किया था। उसने भाई से पूछा था कि डिंपल अब उससे बातचीत क्यों नहीं कर रही है। 3. आरोपी ने पूछताछ में कबूला कि उसने वारदात से पहले एक ऑनलाइन प्लेटफॉर्म से 3 चाकू खरीदे थे। पुलिस अब इन चाकुओं की खरीद और उसके बाद की कड़ियों की जांच कर रही है। 4. आरोपी ने जांच अधिकारियों को बताया कि वह शुरुआत में डिंपल से आमना-सामना करने और उसे दोबारा बातचीत शुरू करने के लिए मनाने के इरादे से गया था। आरोपी चाकू लेकर दफ्तर में दाखिल हुआ, डिंपल के पास पहुंचा और बहस के बाद ताबड़तोड़ वार कर दिए। दफ्तर में मौजूद कर्मचारी अचानक हुए इस हमले के कारण बीच-बचाव नहीं कर सके और डिंपल ने मौके पर ही दम तोड़ दिया। खुद को भी किया था घायल, डिजिटल सबूतों की जांच जारी वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपी हरजिंदर सिंह ने खुद को भी घायल कर लिया था, जिसके बाद उसे अस्पताल ले जाया गया था। इलाज के बाद पुलिस ने उसे गिरफ्तार किया था।
फिरोजाबाद में प्रदेश सरकार के उच्च शिक्षा राज्य मंत्री योगेंद्र उपाध्याय रविवार को अंतरराष्ट्रीय योग दिवस कार्यक्रम में शामिल होने के लिए पुलिस लाइन पहुंचे। इस दौरान जिलाधिकारी संतोष कुमार शर्मा और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक आदित्य लांग्हे सहित जनपद के कई प्रशासनिक अधिकारी मौजूद रहे। कार्यक्रम के बाद पत्रकारों से बातचीत में मंत्री योगेंद्र उपाध्याय ने प्रदेश और देश की राजनीति से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर अपनी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने सुभासपा प्रमुख ओमप्रकाश राजभर के समाजवादी पार्टी के सांसदों के टूटने संबंधी बयान पर कहा कि राजभर भाजपा के घटक दल के वरिष्ठ नेता हैं। उनके पास कोई ठोस जानकारी होगी, तभी उन्होंने ऐसा बयान दिया है कि समाजवादी पार्टी में टूट की स्थिति बन सकती है। मंत्री ने आगे कहा कि जो दल विचारधारा से भटक जाते हैं और जिनके पास स्पष्ट दिशा नहीं होती, उनका टूटना स्वाभाविक है। उन्होंने दावा किया कि विपक्षी दलों के नेताओं को भी यह एहसास हो गया है कि देश का विकास और हित प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में ही संभव है, इसलिए लोग भाजपा और उसके सहयोगी दलों के साथ जुड़ रहे हैं। नीट परीक्षा को लेकर पूछे गए सवाल पर योगेंद्र उपाध्याय ने कहा कि केंद्र और राज्य सरकार परीक्षाओं को पूरी तरह पारदर्शी और निष्पक्ष बनाने के लिए प्रतिबद्ध हैं। उन्होंने बताया कि पहले प्रश्नपत्र लीक होने जैसी घटनाएं सामने आती थीं, लेकिन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में ऐसी घटनाओं पर प्रभावी अंकुश लगाया गया है। उन्होंने विश्वास जताया कि भविष्य में भी परीक्षा प्रणाली को और अधिक मजबूत बनाया जाएगा तथा किसी भी प्रकार की अनियमितता की पुनरावृत्ति नहीं होने दी जाएगी। उच्च शिक्षा मंत्री के दौरे को लेकर पुलिस लाइन परिसर में सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए गए थे। कार्यक्रम में विभिन्न विभागों के अधिकारी एवं कर्मचारी भी उपस्थित रहे।
बेटे ने नशे में मां पर पत्थर से किया हमला:GPM में गंभीर रूप से घायल हुई महिला, इलाज जारी
गौरेला-पेंड्रा-मरवाही जिले में बेटे ने नशे की हालत में अपनी मां पर जानलेवा हमला कर दिया। इस हमले में मां गंभीर रूप से घायल हो गई हैं। जिसे इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती किया गया है। जानकारी के अनुसार, गिरारी कदम टोला गांव निवासी 45 वर्षीय निशा सोनी पर उनके बेटे दुर्गेश सोनी ने पत्थर से हमला किया। हमले में निशा सोनी के सिर पर गंभीर चोटें आईं, जिससे वह लहूलुहान हो गईं। बताया जा रहा है कि दुर्गेश सोनी नशे की हालत में घर लौटा था। मां निशा सोनी ने उसे टोका, जिसके बाद बेटे ने गुस्से में आकर उन पर हमला कर दिया। घटना की सूचना कुलदीप चतुर्वेदी ने 108 को दी। इसके बाद गंभीर घायल महिला को तत्काल प्राथमिक उपचार दिया, जिससे उनकी जान बच सकी। निशा सोनी को जिला अस्पताल सैनिटोरियम में भर्ती कराया गया है, जहां डॉ. विपिन भारद्वाज उनका इलाज कर रहे हैं।
बैतूल जिले में आज (रविवार) राष्ट्रीय पात्रता सह प्रवेश परीक्षा (NEET-UG 2026) आयोजित की जा रही है। परीक्षा दोपहर 2 बजे से शुरू होगी, जिसके लिए अभ्यर्थियों को सुबह 11 बजे से ही केंद्रों पर रिपोर्ट करने के निर्देश दिए गए हैं। जिले के 6 परीक्षा केंद्रों पर कुल 2559 अभ्यर्थी यह एग्जाम देंगे। परीक्षा को शांतिपूर्ण और पारदर्शी तरीके से संपन्न कराने के लिए प्रशासन व पुलिस ने सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए हैं। डीएसपी दुर्गेश मार्को ने सुरक्षा व्यवस्था की जानकारी देते हुए बताया कि सभी 6 परीक्षा केंद्रों पर एक-एक डीएसपी सहित लगभग 10 सुरक्षाकर्मी तैनात किए गए हैं। किसी भी तरह की गड़बड़ी को रोकने के लिए केंद्रों में प्रवेश से पहले सभी अभ्यर्थियों की मेटल डिटेक्टर और मैन्युअल तरीके से सघन चेकिंग की जा रही है। कलेक्टर-एसपी ने परखीं व्यवस्थाएं, नोडल अधिकारी नियुक्तपरीक्षा से पहले कलेक्टर डॉ. सौरभ संजय सोनवणे और पुलिस अधीक्षक वीरेंद्र जैन ने केंद्रों का निरीक्षण किया था। दोनों अधिकारियों ने सीसीटीवी निगरानी, बायोमेट्रिक सत्यापन, बैठक व्यवस्था, पेयजल और शौचालय जैसी जरूरी सुविधाओं का जायजा लेकर मातहतों को सख्त निर्देश दिए थे। प्रशासन की ओर से इस परीक्षा के सुचारू संचालन की जिम्मेदारी डिप्टी कलेक्टर तृप्ति पटेरिया को सौंपी गई है। वहीं, नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) ने केंद्रीय विद्यालय आमला के प्राचार्य मदन मोहन कटियार को जिले का नोडल अधिकारी नियुक्त किया है। अभ्यर्थियों का छलका दर्द- एक महीने के गैप से बढ़ा तनावपरीक्षा शुरू होने से पहले कुछ अभ्यर्थियों में परिणाम और तैयारी को लेकर अनिश्चितता नजर आई। परीक्षार्थी वृषभ ने बताया, पिछली परीक्षा के बाद लगभग एक माह का अंतराल (गैप) मिलने से मानसिक दबाव काफी बढ़ गया है। इस लंबे इंतजार के कारण पढ़ाई की निरंतरता भी प्रभावित हुई है। हालांकि, प्रशासन ने आश्वस्त किया है कि अभ्यर्थियों के भविष्य को ध्यान में रखते हुए परीक्षा को पूरी तरह निष्पक्ष और पारदर्शी बनाने के लिए सभी आवश्यक इंतजाम कर लिए गए हैं।
अलीगढ़ में पेपर लीक विवाद के बाद निरस्त हुई नीट-यूजी 2026 की पुनर्परीक्षा रविवार को 18 केंद्रों पर आयोजित की जा रही है। केंद्रों पर अभ्यर्थियों की एंट्री सुबह 11:00 बजे से ही शुरू कर दी गई है, ताकि सघन चेकिंग के कारण किसी को देरी न हो। परीक्षा दोपहर 2:00 बजे से शाम 5:15 बजे तक चलेगी। अभ्यर्थियों को सघन चेकिंग के बाद केंद्रों पर प्रवेश दिया जा रहा है। इस परीक्षा में जिले के 8,800 से अधिक अभ्यर्थी शामिल हो रहे हैं। किसी भी गड़बड़ी को रोकने के लिए इस बार बड़े बदलाव किए गए हैं। 3 लेयर सिक्योरिटी पार करने के बाद मिल रहा प्रवेश अभ्यर्थियों को परीक्षा केंद्रों में जाने से से पहले तीन स्तरीय सुरक्षा जांच से गुजरना पड़ रहा है। पहचान की चोरी रोकने के लिए फिंगरप्रिंट और फेस स्कैन अनिवार्य किया गया है। अभ्यर्थियों की बारीकी से जांच की जा रही है। किसी भी तरह के इलेक्ट्रॉनिक गैजेट को रोकने के लिए केंद्रों पर हाई-टेक जैमर्स लगाए गए हैं। हर संदिग्ध गतिविधि पर नजर रखने के लिए एंट्री पॉइंट से लेकर क्लासरूम तक सीसीटीवी लगाए गए हैं। इस बार परीक्षा की शुचिता बनाए रखने के लिए किसी भी निजी स्कूल को परीक्षा केंद्र नहीं बनाया गया है। अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय (एएमयू) के 4 केंद्रों सहित सभी 18 सरकारी व अनुदानित संस्थान ही केंद्र बने हैं। इसके अलावा कक्ष निरीक्षक से लेकर किसी भी व्यवस्था में निजी कर्मचारियों की ड्यूटी नहीं लगाई गई है। पूरी कमान प्रशासन, शिक्षा विभाग और पुलिस के हाथों में है। रेलवे स्टेशन पर बनी हेल्प डेस्क बाहर से आने वाले परीक्षार्थियों की सहूलियत के लिए अलीगढ़ रेलवे स्टेशन पर विशेष इंतजाम किए गए हैं। दो हेल्प डेस्क बनाई गई हैं। नए भवन के वेटिंग रूम और सिविल लाइंस साइड दोनों तरफ आरपीएफ और जीआरपी के जवान अभ्यर्थियों का मार्गदर्शन कर रहे हैं। स्टेशन पर सघन चेकिंग आरपीएफ के सहायक सुरक्षा आयुक्त गुलजार सिंह, जीआरपी प्रभारी गौरव वर्मा और आरपीएफ प्रभारी अजीत तिवारी के नेतृत्व में संयुक्त टीमों ने स्टेशन परिसर, प्लेटफॉर्म और ट्रेनों में चेकिंग अभियान चलाया। संदिग्धों के बैग खोलकर जांच की गई। रोडवेज बसों में किराए पर 50% की छूट नीट अभ्यर्थियों के सफर को आसान बनाने के लिए रोडवेज प्रशासन ने भी बड़ी राहत दी है। रोडवेज के आरएम के मुताबिक, परीक्षा में शामिल होने वाले सभी अभ्यर्थियों को बस किराए में 50 प्रतिशत की छूट दी जा रही है। अभ्यर्थियों को इसके लिए अपने प्रवेश पत्र की एक फोटोकॉपी बस परिचालक को सौंपनी होगी। यह रियायती व्यवस्था 21 जून की रात तक ही प्रभावी रहेगी। परीक्षा प्रभारी और केंद्रीय विद्यालय के प्रधानाचार्य खुशीराम ने बताया कि सभी केंद्रों पर शांतिपूर्ण तरीके से प्रवेश प्रक्रिया पूरी कराई जा रही है और सुरक्षा बल मुस्तैद हैं।
पन्ना में स्वास्थ्य विभाग की लापरवाही सामने आई है। एंबुलेंस समय पर न मिलने से एक महिला की रास्ते में मौत हो गई। इसके बाद, शव के पोस्टमार्टम के लिए परिजनों को तीन घंटे तक भटकना पड़ा, जिससे आक्रोशित होकर उन्होंने जिला अस्पताल में हंगामा किया। यह घटना पड़रहा गांव की है, जहां 40 वर्षीय विद्या कुशवाहा ने बीती रात करीब 11:30 बजे जहरीला पदार्थ खा लिया था। पति नंदी कुशवाहा ने बताया कि इसी साल मार्च में उनके 17 वर्षीय बेटे देवराज की बीमारी से मौत हो गई थी, जिसके बाद से विद्या गहरे मानसिक तनाव में थीं। परिवार में अब एक बेटी निशा और बेटा टिंकू बचे हैं। परिजनों के अनुसार, जहरीला पदार्थ खाने के तुरंत बाद रात 11:30 बजे '108' एंबुलेंस को फोन किया गया था। हालांकि, एंबुलेंस ढाई घंटे की देरी से रात 2:00 बजे पहुंची। रास्ता में तोड़ा दम अजयगढ़ में प्राथमिक उपचार के बाद डॉक्टरों ने विद्या को जिला चिकित्सालय पन्ना रेफर कर दिया। परिजनों को वहां भी एक घंटे तक एंबुलेंस का इंतजार करना पड़ा। अंततः, मजबूर होकर वे निजी वाहन से पन्ना के लिए निकले, लेकिन रास्ते में ही विद्या ने दम तोड़ दिया। सुबह करीब 9 बजे पुलिस ने पंचनामा बनाकर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा। सुबह 9:00 बजे से दोपहर 12:00 बजे तक परिजन अस्पताल परिसर में डॉक्टरों का इंतजार करते रहे। तीन घंटे तक कोई डॉक्टर न आने पर आक्रोशित परिजनों ने जिला चिकित्सालय में जमकर हंगामा किया, जिसके बाद आनन-फानन में डॉक्टर को बुलाया गया। जिम्मेदार बोले- डॉक्टर का फोन बंद था, घर से बाहर नहीं निकले इस पूरे मामले पर जब जिला चिकित्सालय के सीएमएचओ (CMHO) राजेश प्रसाद तिवारी से संपर्क करने की कोशिश की गई, तो उन्होंने दो बार फोन आने पर भी रिसीव नहीं किया।सिविल सर्जन डॉक्टर आलोक गुप्ता ने अपनी लाचारी जताते हुए कहा कि जिला अस्पताल में डॉक्टरों की भारी कमी है। पोस्टमार्टम के लिए डॉक्टर जितेंद्र यादव की ड्यूटी लगाई गई थी, लेकिन उन्हें बार-बार कॉल करने पर भी उनका फोन बंद आ रहा था। उनके घर गाड़ी भी भेजी गई, लेकिन वे बाहर नहीं निकले। इसके बाद डॉक्टर हिमांशु शर्मा को फोन करके पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है।
झालावाड़ में अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर जिला मुख्यालय स्थित राजकीय खेल संकुल में रविवार को जिला स्तरीय योग कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस दौरान जिला कलेक्टर अजय सिंह राठौड़, पुलिस अधीक्षक अमित कुमार समेत कई अधिकारियों ने एक साथ योगाभ्यास किया। इस दौरान हजारों लोगों ने योगाभ्यास किया और लोकतंत्र को सशक्त बनाने के लिए मतदान की शपथ भी ली। कार्यक्रम में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के योग दिवस संबोधन का सीधा प्रसारण भी किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्वलन और पूजा-अर्चना के साथ हुआ। प्रातः 6 बजे से 8 बजे तक चले योग सत्र में बड़ी संख्या में लोगों ने योग कर स्वस्थ जीवन का संदेश दिया।आयुर्वेद के नोडल अधिकारी डॉ. ओम प्रकाश शर्मा ने कहा कि नियमित योगाभ्यास व्यक्ति को शारीरिक, मानसिक एवं आध्यात्मिक रूप से स्वस्थ बनाए रखता है। इस अवसर पर जिला कलेक्टर अजय सिंह राठौड़, पुलिस अधीक्षक अमित कुमार, सीईओ जिला परिषद शम्भूदयाल मीणा, एडीएम अनुराग भार्गव, डीवाईएसपी हर्षराज सिंह खरेड़ा, सीडीईओ रामसिंह मीणा, सीएमएचओ डॉ. साजिद खान, पूर्व आरपीएससी चेयरमैन शाम सुंदर शर्मा, भाजपा जिलाध्यक्ष हर्षवर्धन शर्मा, पूर्व जिलाध्यक्ष संजय जैन, मेडिकल कॉलेज डीन डॉ. संजय पोरवाल, अस्पताल अधीक्षक डॉ. अशोक शर्मा, डॉ. अरुण पटेल, डॉ. महावीर मीणा सहित बड़ी संख्या में लोग मौजूद रहे। गेहूंखेड़ी में 158 ग्रामीणों ने किया योगआयुष्मान आरोग्य मंदिर गेहूंखेड़ी में ग्राम पंचायत स्तरीय योग कार्यक्रम आयोजित किया गया। आयुष्मान आरोग्य मंदिर प्रभारी डॉ. सोनिका मीणा एवं प्रशासक कन्या बाई माली ने बताया कि योग प्रशिक्षक रामविलास प्रजापति एवं निशा कुमारी के निर्देशन में 158 ग्रामीणों ने योगाभ्यास किया। इस अवसर पर आरोग्य मित्र एवं आरोग्य सखी का सम्मान भी किया। कार्यक्रम में कंपाउंडर राजाराम, फूलचंद माली, सुनील, ललित, सोनू, उपसरपंच इंद्र गौतम सहित ग्रामीण एवं स्वास्थ्यकर्मी मौजूद रहे। 'योग मानसिक संतुलन का सशक्त साधन'इधर शहर के एक निजी स्कूल में एसआरजी अस्पताल की न्यूरो साइकियाट्रिस्ट डॉ. रश्मि गुप्ता ने स्टूडेंट्स, शिक्षकों एवं अभिभावकों को योग और मानसिक स्वास्थ्य के संबंध की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि मानसिक स्थिति का सीधा प्रभाव शरीर पर पड़ता है तथा योग और व्यायाम के माध्यम से तनाव, चिंता और एकाग्रता की समस्याओं को काफी हद तक नियंत्रित किया जा सकता है।
पूर्वी सिंहभूम जिले के चाकुलिया थाना क्षेत्र में रविवार तड़के एक भीषण सड़क हादसा हो गया। चाकुलिया-माटिहाना मुख्य सड़क पर दीघी स्थित एसजी एग्रो फूड प्रोडक्ट्स राइस मिल के समीप दो ट्रेलरों की आमने-सामने जोरदार टक्कर हो गई। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि दोनों वाहनों में तुरंत आग लग गई और देखते ही देखते आग की ऊंची लपटें उठने लगीं। जानकारी के अनुसार, घटना सुबह करीब पांच बजे की है। एक ट्रेलर ओडिशा के क्योंझर से लौह अयस्क लेकर पश्चिम बंगाल जा रहा था, जबकि दूसरा ट्रेलर पश्चिम बंगाल के आसनसोल से फायर ब्रिक्स लेकर ओडिशा के अंगुल की ओर जा रहा था। इसी दौरान दीघी के पास दोनों वाहन आमने-सामने भिड़ गए। आग की लपटों से मचा हड़कंप हादसे के बाद पूरे इलाके में अफरा-तफरी मच गई। दूर तक काले धुएं का गुबार और आग की तेज लपटें दिखाई देने लगीं, जिससे आसपास के लोग दहशत में आ गए। घटना की जानकारी मिलते ही स्थानीय ग्रामीण मौके पर पहुंचे और राहत कार्य में जुट गए। एसजी एग्रो फूड प्रोडक्ट्स के संचालक अविनाश सुरेका और उनके कर्मचारियों ने तत्परता दिखाते हुए पानी की मदद से आग बुझाने का प्रयास शुरू किया। उनके इस प्रयास से आग को आसपास के क्षेत्रों में फैलने से काफी हद तक रोका जा सका। हालांकि आग की तीव्रता अधिक होने के कारण स्थिति पर पूरी तरह काबू पाना आसान नहीं था। दोनों चालकों का अस्पताल में इलाज घटना की सूचना मिलते ही चाकुलिया थाना प्रभारी राकेश कुमार पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे और तत्काल बहरागोड़ा से दमकल वाहन मंगाया गया। फायर ब्रिगेड की टीम ने काफी मशक्कत के बाद आग पर पूरी तरह काबू पाया। इस दुर्घटना में एक ट्रेलर के चालक करमचंद और दूसरे ट्रेलर के चालक लालू यादव घायल हो गए। दोनों को तत्काल प्राथमिक उपचार के लिए चाकुलिया सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती कराया गया, जहां उनका इलाज जारी है। पुलिस ने दुर्घटनाग्रस्त वाहनों को हटाने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। पूरे मामले की जांच की जा रही है।
बस्ती जिले के मुंडेरवा थाना क्षेत्र में एक किराना व्यापारी का शव रविवार को उसकी दुकान में फंदे से लटका मिला। मृतक की पहचान रामपुर रेवटी निवासी उमेश अग्रहरी (45) पुत्र श्रीराम अग्रहरी के रूप में हुई है। यह घटना मुंडेरवा पोस्ट ऑफिस के सामने स्थित एक मकान में हुई, जहां उमेश अपनी किराना दुकान चलाते थे। उमेश का 20 वर्षीय पुत्र निखिल सुबह करीब 9 बजे जगदीशपुर मंझरिया चौराहे पर स्थित दुकान खोलने पहुंचा। उसने देखा कि दुकान का शटर अभी बंद था और पिता की बाइक बाहर खड़ी थी। दरवाजा खोलकर अंदर जाने पर उसने उमेश को रस्सी के फंदे से लटका पाया। निखिल ने तत्काल परिजनों और मकान मालिक को सूचना दी। मौके पर पहुंचे परिजनों और अन्य लोगों ने उमेश को फंदे से नीचे उतारा और इलाज के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र मुंडेरवा ले गए। वहां मौजूद चिकित्सकों ने उन्हें जिला चिकित्सालय रेफर कर दिया, जहां डॉक्टरों ने जांच के बाद मृत घोषित कर दिया। दिवंगत उमेश अग्रहरी अपनी पत्नी पूनम और चार बेटों - निखिल (20), राहुल (18), साहिल (15) और आरएन (8) के साथ मुंडेरवा बाजार में स्थित अपने मकान पर रहते थे। वह किराए के मकान में थोक और फुटकर किराना का कारोबार करते थे। आत्महत्या के पीछे ब्याज पर लिए गए पैसों को चुकाने में आ रही परेशानी को एक संभावित कारण बताया जा रहा है। सूत्रों के अनुसार, किराना व्यापारी उमेश अग्रहरी ने कई लोगों से ब्याज पर पैसे उधार लिए थे और उन्हें चुका न पाने के कारण कथित तौर पर डिप्रेशन में थे।
पटना के बापू टावर में शनिवार को साहित्यिक संस्था समन्वय की ओर से चर्चित उपन्यासकार संतोष दीक्षित के नए उपन्यास ‘छाया सच’ पर संवाद का आयोजन किया गया। उपन्यास की कथाभूमि पटना सिटी है और इसका कालखंड 1857 के विद्रोह तथा भारतीय विद्रोह 1857 के बाद का समय है, जब ईस्ट इंडिया कंपनी का शासन समाप्त होकर भारत सीधे ब्रिटिश प्रशासन के अधीन आया। कार्यक्रम में वक्ताओं ने उपन्यास को इतिहास, समाज और हाशिए के लोगों के अनुभवों को नए दृष्टिकोण से देखने वाली रचना बताया। पटना के स्थानीय जीवन को गहरी संवेदना के साथ प्रस्तुत किया- रमेश ऋतंभर वक्ता रमेश ऋतंभर ने कहा कि, संतोष दीक्षित ने पटना के दीवान मोहल्ले और स्थानीय जीवन को गहरी संवेदना के साथ प्रस्तुत किया है। उनके अनुसार, बड़ा लेखक वही होता है जो अपने आसपास के समाज, इतिहास, संघर्ष और जीवन को रचना में स्थान देता है। उपन्यास में 1857 से बंगाल विभाजन के दौर को दिखाया- रणेन्द्र लेखक रणेन्द्र ने कहा कि उपन्यास 1857 से बंगाल विभाजन से पहले के दौर तक फैला हुआ है। उन्होंने कहा कि महेंद्रू, पटना साहिब और मछरहट्टा जैसे इलाकों का चित्रण पाठकों को उस समय की सामाजिक और राजनीतिक हलचलों की याद दिलाता है। उनके अनुसार, उपन्यास में राजनीतिक जागरण, औपनिवेशिक प्रभाव और बदलते समाज की झलक दिखाई देती है। निखिल आनंद गिरी ने कहा कि उपन्यास में भांड, बहुरूपिए, पहलवान और हाशिए के पात्रों के माध्यम से कई गहरी सामाजिक परतों को सामने लाने की कोशिश की गई है। उन्होंने इसे वर्तमान समय की निगरानी और अविश्वास से भरे सामाजिक माहौल से जोड़कर भी देखा। यादवेन्द्र ने कहा कि यह उपन्यास एक तरह के सामाजिक और ऐतिहासिक गुस्से से उपजा है, लेकिन लेखक ने तथ्यों और संदर्भों के जरिए इतिहास को समझने की नई दृष्टि भी दी है। एक गहरे भाव और बेचैनी के साथ लिखा गया है उपन्यास - संतोष दीक्षित इस दौरान संतोष दीक्षित ने कहा कि उन्होंने यह उपन्यास एक गहरे भाव और बेचैनी के साथ लिखा। उनके अनुसार, औपनिवेशिक शासन के दौर की कई परिस्थितियां आज भी अलग रूपों में दिखाई देती हैं, खासकर समाज के हाशिए पर मौजूद लोगों के संदर्भ में। कार्यक्रम का संचालन सुशील ने किया। उन्होंने कहा कि ‘छाया सच’ वर्तमान समय में इतिहास और समाज पर गंभीर हस्तक्षेप करने वाला उपन्यास है और पाठकों को उस दौर से परिचित कराता है जिस पर अपेक्षाकृत कम चर्चा हुई है। कार्यक्रम में त्रिपुरारी शरण, विनय कुमार, संजय कुमार कुंदन, राजीव रंजन, प्रभात परिणीत, बालमुकुंद, गुंजन उपाध्याय पाठक, प्रणय, अनीस अंकुर, प्रशांत विप्लवी, राजेश कमल, अरविंद पासवान, जयप्रकाश, आनंद माधव, राजेन्द्र शर्मा, सुनीता गुप्ता, कुमार वरुण, भावना शेखर, उमंग और जकी सहित कई साहित्यप्रेमी उपस्थित रहे।
सीवान में रविवार सुबह सिपाही भर्ती परीक्षा की तैयारी कर रही छात्रा का शव उसके कमरे में पंखे से लटका मिला है। घटना नगर थाना क्षेत्र स्थित पंचमंदिरा मोहल्ले की है। मृतका की पहचान जामो थाना क्षेत्र के बलडिहा गांव निवासी ललित राम की बेटी सोनी कुमारी(21) के रूप में हुई है। पड़ोस के कमरों में रहने वाली छात्राओं ने बताया कि शनिवार देर शाम सोनी किसी से फोन पर काफी देर तक ऊंची आवाज में बात कर रही थी। बातचीत के दौरान दोनों के बीच तीखी बहस हो रही थी। काफी देर तक झगड़ा चलने के बाद अचानक आवाज आनी बंद हो गई। छात्राओं को जब शक हुआ तो उन्होंने कमरे में झांककर देखा। सोनी का शव पंखे से लटका हुआ था। उन्होंने फौरन डायल-112 और मकान मालिक को इसकी सूचना दी। दरवाजा तोड़कर पुलिस ने निकाला शव सूचना मिलते ही नगर थाना प्रभारी अविनाश कुमार पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। कमरा अंदर से बंद था, जिसके बाद पुलिस ने मृतका के परिजनों को सूचित किया। देर रात परिजनों के आने के बाद उनकी मौजूदगी में कमरे का दरवाजा तोड़ा गया। पुलिस ने शव को फंदे से उतारकर कब्जे में लिया और पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया। प्रेम-प्रसंग में आत्महत्या की आशंका सोनी का अपने गांव के ही एक युवक से पिछले पांच साल से प्रेम संबंध था। युवक फिलहाल सूरत में काम करता है। दोनों के परिवार इस रिश्ते के बारे में जानते थे, लेकिन लड़की के परिजन इसके खिलाफ थे। बताया जा रहा है कि घटना से ठीक पहले सोनी की अपने प्रेमी से फोन पर किसी बात को लेकर तीखी बहस हुई थी, जिसके बाद उसने यह खौफनाक कदम उठा लिया। पड़ोसियों के बयान पर FIR दर्ज नगर थाना प्रभारी अविनाश कुमार ने बताया कि कमरे से कोई सुसाइड नोट बरामद नहीं हुआ है। पड़ोसियों के बयान और परिजनों के आवेदन के आधार पर युवक के खिलाफ आत्महत्या के लिए उकसाने (IPC धारा 306) का मामला दर्ज कर लिया गया है। मृतका के मोबाइल की कॉल डिटेल और चैट की जांच की जा रही है। पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट का इंतजार है, जिसके बाद ही मौत के सही कारणों का पता चल सकेगा।
टीकमगढ़ के बड़ागांव धसान थाना क्षेत्र में एक शादी समारोह के दौरान आर्केस्ट्रा की महिला डांसर और उसके सहयोगी के साथ मारपीट का मामला सामने आया है। घटना शनिवार रात की है, जिसका वीडियो रविवार को सामने आने के बाद मामला चर्चा में आ गया। पैसे के विवाद में बढ़ा मामला जानकारी के अनुसार, बड़ागांव के वार्ड 9 में धनीराम अहिरवार की बेटी की शादी समारोह चल रहा था। बारात टीकमगढ़ के नारगुडा से आई थी, जिसके साथ आर्केस्ट्रा पार्टी भी लाई गई थी। महिला डांसर ने डायल 112 पर पुलिस को सूचना दी और आरोप लगाया कि कार्यक्रम के लिए तय पैसे नहीं दिए गए। साथ ही उसने यह भी दावा किया कि उसके साथ मारपीट की गई और 65 हजार रुपये छीन लिए गए। डांस के दौरान हुई झड़प थाना प्रभारी जयंत गोयल के अनुसार, कार्यक्रम में रोहित अहिरवार द्वारा आर्केस्ट्रा पार्टी को लाया गया था। महिला डांसर के साथ उसका सहयोगी दीपक अहिरवार भी मौजूद था। बताया गया है कि डांस के दौरान दीपक अहिरवार पैसे लुटाने लगा, जिससे गांव के बच्चे इकट्ठा हो गए। इस दौरान बच्चों और दीपक के बीच कहासुनी और हाथापाई हो गई। पुलिस के मुताबिक, बच्चों से विवाद के बाद स्थिति और बिगड़ गई और दोनों पक्षों में मारपीट की नौबत आ गई। पुलिस ने की कार्रवाई पुलिस ने मामले में रोहित अहिरवार और दीपक अहिरवार को हिरासत में लेकर धारा 151 के तहत कार्रवाई की है। वहीं महिला डांसर के साथ मारपीट के आरोपों की जांच की जा रही है। थाना प्रभारी ने बताया कि वीडियो की जांच के बाद यह स्पष्ट किया जाएगा कि महिला डांसर के साथ मारपीट किसने की। इसके आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल पुलिस मामले की विस्तृत जांच कर रही है।
अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस पर शासकीय बहुउद्देशीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय पेंड्रा के असेंबली हॉल में जिला स्तरीय सामूहिक योग कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस कार्यक्रम में जनप्रतिनिधियों, प्रशासनिक अधिकारियों, कर्मचारियों, विद्यार्थियों, युवाओं और कई वर्गों के नागरिकों ने योगाभ्यास में भाग लिया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि मरवाही विधायक प्रणव कुमार मरपची थे। इस अवसर पर कलेक्टर डॉ. संतोष कुमार देवांगन, जिला पंचायत अध्यक्ष सुश्री समीरा पैकरा, जिला पंचायत उपाध्यक्ष राजा उपेंद्र बहादुर सिंह, नगर पालिका परिषद गौरेला के अध्यक्ष मुकेश दुबे और नगर पालिका परिषद पेंड्रा के अध्यक्ष राकेश जालान सहित कई जनप्रतिनिधि और गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे। विधायक मरपची ने कहा कि योग भारतीय संस्कृति की एक अमूल्य धरोहर है, जो शारीरिक, मानसिक और आध्यात्मिक स्वास्थ्य को सुदृढ़ बनाता है। उन्होंने सभी नागरिकों से स्वस्थ और संतुलित जीवन के लिए योग को अपनी दैनिक दिनचर्या का हिस्सा बनाने का आह्वान किया। योगासन, प्राणायाम और ध्यान का अभ्यास कार्यक्रम के दौरान योग प्रशिक्षकों ने अलग-अलग योगासन, प्राणायाम और ध्यान का अभ्यास कराया गया। इसके साथ ही, स्वस्थ और जागरूक समाज के निर्माण के उद्देश्य से 'नशामुक्त भारत अभियान' के तहत उपस्थित सभी लोगों को नशामुक्ति की शपथ दिलाई गई। 'एक पेड़ मां के नाम' अभियान के तहत वृक्षारोपण इस अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के आह्वान एक पेड़ मां के नाम अभियान के अंतर्गत विद्यालय परिसर में वृक्षारोपण भी किया गया। कार्यक्रम में पर्यावरण संरक्षण का संदेश देते हुए अधिक से अधिक पौधे लगाने और उनकी देखभाल करने का संकल्प लिया गया। साइकिल रैली का आयोजन कार्यक्रम के अंत में अतिथियों का जिले की विशिष्ट पहचान आयुर्वेद माला और विष्णुभोग चावल भेंट कर सम्मान किया गया। इस अवसर पर एक साइकिल रैली का भी आयोजन किया गया। इस दौरान जनप्रतिनिधियों ने कहा कि नियमित योग और शारीरिक गतिविधियां स्वस्थ जीवनशैली की आधारशिला हैं। उन्होंने जोर दिया कि साइकिल चलाने से न केवल स्वास्थ्य लाभ होता है, बल्कि पर्यावरण संरक्षण और प्रदूषण नियंत्रण में भी महत्वपूर्ण योगदान मिलता है। उन्होंने नागरिकों से योग एवं व्यायाम को दैनिक जीवन का हिस्सा बनाने का आह्वान किया।
जींद में अवैध हथियार समेत युवक गिरफ्तार:देसी पिस्तौल और कारतूस बरामद; बस स्टैंड के पास खड़ा था
जींद जिले में सीआईए स्टाफ ने एक व्यक्ति को अवैध हथियार समेत गिरफ्तार किया है। पुलिस मे उसके पास एक देसी पिस्तौल और कारतूस बरामद किया है। गिरफ्तार आरोपी की पहचान झांझ खुर्द निवासी नरेंद्र के रूप में हुई है। सीआईए स्टाफ इंचार्ज अनुप कुमार ने बताया कि मुख्य सिपाही संदीप कुमार के नेतृत्व में एक टीम झांझ कलां बस अड्डे के पास गश्त कर रही थी। इसी दौरान उन्हें सूचना मिली कि झांझ खुर्द निवासी नरेंद्र अवैध हथियार लेकर बस अड्डा झांझ खुर्द पर खड़ा है। कारतूस समेत 32 बोर की देसी पिस्तौल बरामद पुलिस टीम ने बताए गए हुलिए के आधार पर एक युवक को देखा और घेराबंदी कर उसे काबू कर लिया। पूछताछ में उसने अपना नाम नरेंद्र, निवासी झांझ खुर्द बताया। तलाशी लेने पर उसके पास से एक .32 बोर की देसी पिस्तौल और उसमें लोड 2 जिंदा कारतूस बरामद हुए। आरोपी नरेंद्र हथियार का कोई वैध लाइसेंस पेश नहीं कर सका। बरामद पिस्तौल और कारतूसों को जब्त कर सील कर दिया गया है। आरोपी के खिलाफ थाना सदर जींद में आर्म्स एक्ट की धारा 25(1-B), 54 और 59 के तहत मामला दर्ज किया गया है।
हरदोई में मार्शल की टक्कर से एक दोस्त की मौत:दूसरा लखनऊ रेफर, बिलग्राम के जलालपुर के पास हादसा
हरदोई में बिलग्राम-कन्नौज मार्ग पर एक सड़क हादसे में स्कूटी सवार एक व्यक्ति की मौत हो गई, जबकि उसका दोस्त गंभीर रूप से घायल हो गया। घायल को लखनऊ रेफर किया गया है। यह घटना बिलग्राम कोतवाली क्षेत्र के जलालपुर के पास हुई। मृतक की पहचान बिलग्राम कोतवाली क्षेत्र के नया बंगला बिरनी गांव निवासी 61 वर्षीय ईश्वरी के रूप में हुई है। उनके साथ स्कूटी पर सवार उनके दोस्त 45 वर्षीय उदय पाल घायल हुए हैं। ईश्वरी और उदय पाल शनिवार शाम बिलग्राम नगर में भर्ती एक ग्रामीण को देखने अस्पताल गए थे। देर शाम अस्पताल से गांव लौटते समय बिलग्राम-कन्नौज मार्ग पर जलालपुर के पास एक मार्शल वाहन ने उनकी स्कूटी को टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि दोनों दोस्त सिर के बल सड़क पर गिर गए और गंभीर रूप से घायल हो गए। सूचना मिलने पर एंबुलेंस से दोनों घायलों को पहले बिलग्राम सीएचसी और फिर मेडिकल कॉलेज ले जाया गया। देर रात इलाज के दौरान ईश्वरी ने दम तोड़ दिया। उदय पाल की गंभीर हालत को देखते हुए डॉक्टरों ने उन्हें लखनऊ रेफर कर दिया, जहां उनकी स्थिति नाजुक बनी हुई है। ईश्वरी के परिवार में उनकी पत्नी मुन्नी, छह पुत्र और तीन पुत्रियां हैं। शहर कोतवाल संजय त्यागी ने बताया कि शव का पंचनामा भरवाकर आगे की कार्रवाई की जा रही है।
गयाजी के ऐतिहासिक सीताकुंड वाटिका में अंतरराष्ट्रीय योग दिवस पर भव्य योग कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस विशेष शिविर में बड़ी संख्या में आम लोगों ने हिस्सा लिया और सामूहिक रूप से योग को अपनी जीवनशैली का हिस्सा बनाने का संकल्प लिया। मंत्रोच्चार के साथ भव्य शुरुआत कार्यक्रम का शुभारंभ बेहद आध्यात्मिक माहौल में हुआ। हुमा फातमी ने गायत्री मंत्र और महामृत्युंजय मंत्र के सस्वर पाठ के साथ योग सत्र की शुरुआत की। इससे पूरा वाटिका परिसर सकारात्मक ऊर्जा से सराबोर हो उठा। इसके बाद योग गुरु आचार्य जितेंद्र के कुशल मार्ग दर्शन में उपस्थित जनसमूह ने विभिन्न योगासनों का अभ्यास किया। योग निद्रा और प्राणायाम पर रहा विशेष जोर आचार्य जितेंद्र ने साधकों को प्राणायाम, ध्यान और आसन की बारीकियों से अवगत कराया। इस शिविर का मुख्य आकर्षण योग निद्रा का विशेष अभ्यास रहा। जिसके माध्यम से लोगों को गहरे मानसिक तनाव से मुक्ति की कला सिखाई गई। उन्होंने कहा कि नियमित योगाभ्यास केवल शारीरिक कसरत नहीं है, बल्कि यह मानसिक तनाव को मिटा कर व्यक्ति का सर्वांगीण विकास करता है। आज के समय में हर व्यक्ति को खुद के लिए और समाज को स्वस्थ बनाने के लिए योग को अपनाना ही होगा। शास्त्रों के आईने में योग की महिमा शिविर में मौजूद स्वामी सुदर्शन महाराज ने कहा कि इंसानी इंद्रियां अपने स्वभाव के कारण मनुष्य को भटकाती हैं। योग ही एकमात्र ऐसा साधन है जो इस भटकाव को रोककर शरीर में अद्भुत ऊर्जा का संचार करता है। योग के नियमित अभ्यास से इंद्रियां मन की गुलाम नहीं रहती, बल्कि पूरी तरह मनुष्य के नियंत्रण में आ जाती हैं। वैज्ञानिक और वैदिक दृष्टिकोण का अनूठा संगम वहीं, कार्यक्रम में मौजूद बीस सूत्री के सदस्य जदयू नेता धनंजय शर्मा ने बताया कि सीताकुंड परिसर में वैसे तो हर सुबह योग की शिक्षा दी जाती है, लेकिन 21 जून को आयोजित इस 'योग महोत्सव' का स्वरूप बेहद अद्भुत और अलौकिक है। इसके पीछे वैज्ञानिक और वैदिक दोनों ही महत्वपूर्ण कारक काम करते हैं। यही वजह है कि आज पूरा विश्व इसे एक उत्सव के रूप में मना रहा है।
दुकान में घुसकर युवक पर डंडे से हमला:सोने की चेन और बालियां छीनने का आरोप, CCTV फुटेज आया सामने
धौलपुर जिले के बसेड़ी कस्बे की मनिहार गली में एक युवक पर दुकान में घुसकर हमला करने और सोने के जेवर छीनने का मामला सामने आया है। इस घटना के विरोध में सर्राफा व्यापारियों ने अपनी दुकानें बंद कर आरोपी की तत्काल गिरफ्तारी की मांग की है। घटना का सीसीटीवी फुटेज भी सामने आया है। कुंडा कॉलोनी निवासी गौरव सोनी पुत्र रामू सोनी ने बसेड़ी थाने में शिकायत दर्ज कराई है। उन्होंने बताया कि जब वह अपनी दुकान पर काम कर रहे थे, तभी चच्चु कॉलोनी निवासी अमित सोनी पुत्र महेश सोनी हाथ में डंडा लेकर उनकी दुकान में घुस आया। गाली-गलौज कर किया हमलारिपोर्ट में पीड़ित ने बताया कि आरोपी ने दुकान में घुसते ही गाली-गलौज शुरू कर दी और डंडे से हमला कर दिया। हमले से बचाव के दौरान गौरव के हाथ में चोट लग गई। इसके बाद आरोपी ने उनके साथ मारपीट की। जान से मारने की धमकी भी दीशोर-शराबा सुनकर आसपास के लोग मौके पर पहुंचे और बीच-बचाव कर गौरव को बचाया। आरोप है कि जाते समय आरोपी उसके गले से करीब दो तोले वजन की सोने की चेन और सोने की बालियां छीनकर ले गया। साथ ही पुलिस में शिकायत करने पर जान से मारने की धमकी भी दी गई। सर्राफा व्यापारियों में आक्रोशइस घटना के बाद सर्राफा व्यापारियों में आक्रोश फैल गया। व्यापारियों ने अपने प्रतिष्ठान बंद कर विरोध प्रदर्शन किया और पुलिस प्रशासन से आरोपी को शीघ्र गिरफ्तार कर कड़ी कानूनी कार्रवाई करने की मांग की।पीड़ित की शिकायत पर बसेड़ी थाना पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस ने बताया कि मामले की जांच के बाद नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
फतेहपुर में पुराने विवाद पर पथराव, दो गिरफ्तार:पुलिस ने दो आरोपियों को दबोचा, अन्य फरार की तलाश जारी
फतेहपुर शहर के शादीपुर चौराहे पर पुराने विवाद को लेकर हुई मारपीट और पथराव की घटना में पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायालय भेज दिया है। इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद पुलिस ने संज्ञान लेते हुए मुकदमा दर्ज कर कार्रवाई शुरू की थी। यह घटना 18 जून को थाना कोतवाली क्षेत्र के शादीपुर चौराहे पर हुई थी, जहां दो पक्षों के बीच विवाद इतना बढ़ गया कि मारपीट और पथराव शुरू हो गया। वायरल वीडियो के आधार पर फतेहपुर पुलिस ने मामले को गंभीरता से लिया। पुलिस ने मुकदमा अपराध संख्या 261/2026 धारा 125, 191(2), 115(2), 352, 351(2) बीएनएस एवं 7 क्रिमिनल लॉ एमेंडमेंट एक्ट के तहत अभियोग पंजीकृत किया। सीसीटीवी फुटेज और अन्य साक्ष्यों के आधार पर कार्रवाई करते हुए पुलिस ने दो अभियुक्तों को गिरफ्तार किया है। इनकी पहचान कृष्ण बिहारी नगर निवासी तनिष्क मिश्रा पुत्र राजकुमार मिश्रा और कलेक्टरगंज निवासी शिवांग त्रिवेदी उर्फ राज त्रिवेदी पुत्र दीपक चंद्र त्रिवेदी के रूप में हुई है। सदर कोतवाली प्रभारी हेमंत मिश्रा ने बताया कि वायरल वीडियो का संज्ञान लेकर तत्काल मुकदमा दर्ज किया गया था। गिरफ्तार किए गए दोनों आरोपियों को न्यायालय भेज दिया गया है। घटना में शामिल अन्य फरार व्यक्तियों की पहचान कर उनकी गिरफ्तारी के लिए लगातार दबिश दी जा रही है।
नीट यूजी परीक्षा, कोटपूतली-बहरोड़ जिले में 19 केंद्र:6148 अभ्यर्थी शामिल, सुबह 11 बजे से मिला प्रवेश
नीट यूजी परीक्षा 2026 का आयोजन आज कोटपूतली-बहरोड़ जिले जिले के 19 परीक्षा केंद्रों पर किया जा रहा है। इसमें कुल 6148 अभ्यर्थी शामिल होंगे। जिला प्रशासन और पुलिस ने परीक्षा के सफल, निष्पक्ष और शांतिपूर्ण संचालन के लिए व्यापक तैयारियां पूरी कर ली हैं। सुरक्षा व्यवस्था, यातायात प्रबंधन पर जोर परीक्षा को सुरक्षित और पारदर्शी बनाने के लिए प्रश्न पत्रों के वितरण में पहली बार पैरामिलिट्री फोर्स तैनात की गई है। जिला रिजर्व पुलिस लाइन में आयोजित एक बैठक में पुलिस अधीक्षक सतवीर सिंह ने पुलिस अधिकारियों, कर्मचारियों और पैरामिलिट्री फोर्स को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। उन्होंने परीक्षा केंद्रों पर सुरक्षा व्यवस्था, यातायात प्रबंधन, अभ्यर्थियों के सुगम आवागमन, कानून-व्यवस्था बनाए रखने और परीक्षा की गोपनीयता सुनिश्चित करने पर विशेष जोर दिया। ब्लॉक वार परीक्षा केंद्र जिले में कोटपूतली ब्लॉक के 8 केंद्रों पर 2640, पावटा के 4 केंद्रों पर 1348, बहरोड़ के 3 केंद्रों पर 1032, बानसूर के 3 केंद्रों पर 840 और नीमराना के एक केंद्र पर 288 अभ्यर्थी परीक्षा देंगे। परीक्षा दोपहर 2 बजे से शाम 5:15 बजे तक आयोजित होगी। अभ्यर्थियों को दोपहर 1:30 बजे तक ही परीक्षा केंद्र में प्रवेश दिया जाएगा, जबकि प्रवेश प्रक्रिया सुबह 11 बजे से शुरू हो चुकी है। प्रत्येक केंद्र पर राष्ट्रीय परीक्षण एजेंसी (NTA) द्वारा भेजी गई विशेष घड़ियाँ लगाई गई हैं, जिनका उपयोग अभ्यर्थी और स्टाफ समय देखने के लिए करेंगे। अभ्यर्थियों और स्टाफ को अपनी निजी घड़ियाँ पहनकर आने की अनुमति नहीं है। अभ्यर्थियों को परीक्षा केंद्र में केवल पारदर्शी पानी की बोतल, एडमिट कार्ड, फोटो और आधार कार्ड लाने की छूट है। पेन भी परीक्षा हॉल में ही उपलब्ध कराया जाएगा। अभ्यर्थियों से एग्जाम हॉल में एक बार शुरुआत में और दूसरी बार अंत में हस्ताक्षर कराए जाएंगे। स्टाफ को पूरी गाइडलाइन दी अलवर मोती डूंगरी केवी स्कूल के सेंटर सुपरिटेंडेंट कमलेश कुमार ने बताया कि स्टाफ को पूरी गाइडलाइन की जानकारी ब्रीफिंग में दी गई है। परीक्षा को पूरी तरह निष्पक्ष और पारदर्शी बनाने के लिए सभी केंद्रों पर ब्रीफिंग सेशन आयोजित किए गए, जिसमें वीक्षकों (इन्विजिलेटर) सहित पूरे स्टाफ को एनटीए की सख्त गाइडलाइंस से अवगत कराया गया।
तरनतारन पुलिस ने उस्मा टोल प्लाजा के पास टी-पॉइंट पर सख्त नाकाबंदी की है। यह कार्रवाई ड्रग तस्करी, गुंडागर्दी, गैंगस्टर गतिविधियों और अन्य आपराधिक तत्वों पर नकेल कसने के उद्देश्य से की गई। एसएसपी सुरिंदर लांबा और एसपी (डी) रिपुतपन सिंह की देखरेख में नाकाबंदी में वाहनों की जांच की गई। पुलिसकर्मियों को संदिग्ध व्यक्तियों को रोककर पूछताछ करने के निर्देश दिए गए, ताकि अपराधियों को समय रहते गिरफ्तार किया जा सके। एसएसपी सुरिंदर लांबा ने बताया कि तरनतारन पुलिस ड्रग्स के खिलाफ अपनी मुहिम को सफल बनाने के लिए हर संभव प्रयास कर रही है। इसके तहत ड्रग तस्करों को गिरफ्तार किया जा रहा है और असामाजिक तत्वों के खिलाफ भी कड़ी कार्रवाई की जा रही है। जिले भर में इसी उद्देश्य से नाकाबंदी की जा रही है। SSP टोल नाके पर पहुंचे उन्होंने उस्मा टोल प्लाजा पर पुलिस नाकाबंदी का निरीक्षण किया और दोहराया कि पुलिस पूरी तरह तैयार है। एसएसपी ने स्पष्ट किया कि किसी भी ड्रग तस्कर, गैंगस्टर या आपराधिक गतिविधियों में शामिल व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा। इस अवसर पर उनके साथ एसपी (डी) रिपुतपन सिंह सहित अन्य पुलिस अधिकारी और कर्मचारी भी मौजूद थे।
सहारनपुर के नागल थाना क्षेत्र में एक विवाहिता और उसके प्रेमी की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत का मामला सामने आया है। दोनों के शव गांव के बाहर एक खेत में पड़े मिले हैं। आशंका जताई जा रही है कि दोनों ने जहरीला पदार्थ खाकर आत्महत्या की है। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर शवों को कब्जे में लिया और पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। जानकारी के अनुसार, माडकी गांव निवासी नरेंद्र ने अपनी साली की बेटी काजल को गोद लिया था। करीब एक वर्ष पहले काजल का विवाह देहात कोतवाली क्षेत्र के गांव सुंदलहेड़ी निवासी राजू के साथ हुआ था। बताया जा रहा है कि विवाह के बाद भी काजल का अपने ससुराल पक्ष से रिश्तेदारी में लगने वाले युवक अंकुश के साथ प्रेम संबंध बना हुआ था। परिजनों के मुताबिक कुछ दिन पहले राजू ने दोनों को एक साथ देख लिया था। इसके बाद उसने काजल को उसके मायके भेज दिया था। पिछले लगभग दस दिनों से काजल अपने मायके मड़की गांव में रह रही थी। शनिवार को काजल घर से अचानक लापता हो गई। उसके दत्तक पिता नरेंद्र और उनकी पत्नी उस समय मजदूरी पर गए हुए थे। शाम को घर लौटने पर काजल के नहीं मिलने से परिवार के लोग चिंतित हो गए। नरेंद्र ने नांगल थाने पहुंचकर बेटी को बहला-फुसलाकर ले जाने की आशंका जताते हुए पुलिस को सूचना दी। परिजनों का कहना है कि पुलिस ने तत्काल मुकदमा दर्ज करने के बजाय कुछ समय इंतजार करने की बात कही थी। इसी बीच देर रात ग्रामीणों ने गांव के बाहर खेत में एक युवक और युवती के शव पड़े होने की सूचना दी। पहचान होने पर पता चला कि शव काजल और अंकुश के हैं। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और आवश्यक कार्रवाई करते हुए दोनों शवों को पोस्टमार्टम के लिए भिजवा दिया। प्रारंभिक तौर पर मामला प्रेम प्रसंग से जुड़ा माना जा रहा है और आशंका है कि दोनों ने जहरीले पदार्थ का सेवन किया। हालांकि मौत के वास्तविक कारणों का पता पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही चल सकेगा। देहात कोतवाली प्रभारी हृदय नारायण सिंह ने बताया कि अभी तक किसी पक्ष की ओर से कोई लिखित शिकायत प्राप्त नहीं हुई है। शिकायत मिलने पर नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी।
नरसिंहपुर जिले में अंतरराष्ट्रीय योग दिवस पर विभिन्न संस्थाओं, न्यायालयों, केंद्रीय जेल और सामाजिक संगठनों द्वारा योग कार्यक्रम आयोजित किए गए। जिलेभर में लोगों ने सामूहिक योगाभ्यास कर स्वास्थ्य और संतुलित जीवन का संदेश दिया। नरसिंह मंदिर परिसर में हुआ मुख्य कार्यक्रम नरसिंह मंदिर परिसर में आयोजित मुख्य कार्यक्रम में प्रदेश के कैबिनेट मंत्री राव उदय प्रताप सिंह शामिल हुए। उन्होंने उपस्थित लोगों के साथ योगाभ्यास किया और योग के महत्व पर अपने विचार रखे। मंत्री राव उदय प्रताप सिंह ने कहा कि प्रधानमंत्री के प्रयासों से योग को वैश्विक पहचान मिली है। आज दुनिया के कई देशों में लोग भारतीय योग परंपरा को अपनाकर इसके लाभ प्राप्त कर रहे हैं। जिला न्यायालय में न्यायाधीशों और अधिवक्ताओं ने किया योग जिला न्यायालय नरसिंहपुर में प्रधान जिला न्यायाधीश एवं जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के अध्यक्ष अखिलेश शुक्ला के मार्गदर्शन में योग कार्यक्रम आयोजित किया गया। इसमें न्यायाधीशों, अधिवक्ताओं और कर्मचारियों ने सामूहिक योगाभ्यास किया। इस दौरान योग को दैनिक जीवन का हिस्सा बनाने और नियमित अभ्यास के लिए प्रेरित किया गया। तस्वीरों में देखिए नरसिंहपुर में योगाभ्यास कार्यक्रम… केंद्रीय जेल में साप्ताहिक अभियान का समापन केंद्रीय जेल में 15 जून से संचालित साप्ताहिक योग अभियान का समापन अंतरराष्ट्रीय योग दिवस पर हुआ। अभियान में 1500 से अधिक बंदियों और जेल अधिकारियों ने भाग लिया। अभियान के दौरान नियमित योगाभ्यास कराया गया और स्वस्थ जीवनशैली अपनाने का संदेश दिया गया। मंडाला योग की रही विशेष प्रस्तुति काया इंटरनेशनल योग स्टूडियो द्वारा भी विशेष कार्यक्रम आयोजित किया गया। आयुष मंत्रालय की थीम योग फॉर हेल्दी एजिंग के तहत अंतरराष्ट्रीय योग मास्टर इंदु सिंह 'इंदुश्री' के मार्गदर्शन में महिला साधिकाओं ने मंडाला योग का अभ्यास किया। गुलाबी साड़ियों में शामिल साधिकाओं ने योगासन, ध्यान और मंडाला आकृतियों के माध्यम से आकर्षक प्रस्तुति दी। कार्यक्रम में योग के शारीरिक, मानसिक और आध्यात्मिक लाभों पर जानकारी साझा की गई। सभी कार्यक्रमों में प्रतिभागियों ने नियमित योग करने और स्वस्थ जीवनशैली अपनाने का संकल्प लिया। आयोजनों में अधिकारियों, कर्मचारियों, सामाजिक संगठनों, योग साधकों और नागरिकों की सहभागिता रही।
दतिया शहर की करण कुंज कॉलोनी में चोरों ने सूने मकान को निशाना बनाते हुए नकदी और घरेलू सामान पर हाथ साफ कर दिया। हैरानी की बात यह रही कि चोर बच्चों की गुल्लक तक फोड़कर उसमें रखी रकम भी ले गए। घटना से कॉलोनीवासियों में सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ गई है। जानकारी के अनुसार, कोतवाली थाना क्षेत्र स्थित न्यू हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी के पीछे करण कुंज कॉलोनी निवासी दीपक यादव निजी स्कूल में शिक्षक हैं। वे परिवार सहित अपने पैतृक गांव चिरगांव में एक शादी समारोह में शामिल होने गए थे। मकान पिछले दो दिनों से बंद पड़ा था। मुख्य गेट का ताला टूटा मिलारविवार सुबह जब परिवार वापस लौटा तो मुख्य गेट का ताला टूटा मिला। घर के अंदर जाने पर कमरों का सामान बिखरा पड़ा था। चोरों ने घर की तलाशी लेते हुए करीब 15 हजार रुपए नकद चोरी कर लिए। इसके अलावा बच्चों की गुल्लक तोड़कर उसमें रखे पैसे भी निकाल लिए और कुछ घरेलू सामान लेकर फरार हो गए। पीड़ित दीपक यादव ने बताया कि परिवार शादी में गया हुआ था, इसलिए सोने-चांदी के जेवर साथ ले गए थे। इसी कारण आभूषण चोरी होने से बच गए। सूचना मिलने पर कोतवाली पुलिस मौके पर पहुंची और घटनास्थल का निरीक्षण कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज भी खंगाल रही है।
भरतपुर में रविवार को 17 परीक्षा केंद्रों पर 4072 अभ्यर्थी NEET परीक्षा दे रहे हैं। परीक्षा को लेकर सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं। सभी केंद्रों पर जैमर लगाए गए हैं, जबकि 100 मीटर के दायरे में सामान्य दुकानों को बंद कराया गया है। अभ्यर्थियों के परिजनों को धूप से राहत देने के लिए केंद्रों के बाहर टेंट लगाए गए हैं। वहीं एंट्री से पहले अभ्यर्थियों के कपड़ों में लगे मेटल के बटन, चेन और धागे तक कटवाए गए तथा मेटल डिटेक्टर से जांच के बाद ही परीक्षा केंद्र में एंट्री दी जा रही है। धूप से बचाव के लिए लगाए गए टेंट भीषण गर्मी और धूप को देखते हुए परीक्षा केंद्रों के बाहर अभ्यर्थियों और उनके परिजनों की सुविधा के लिए टेंट लगाए गए हैं। केंद्रों पर सुबह से ही अभ्यर्थियों की भीड़ जुटनी शुरू हो गई थी। सुरक्षा जांच के बाद ही उन्हें केंद्रों में प्रवेश दिया गया। हर सेंटर पर लगाए गए जैमर परीक्षा की गोपनीयता बनाए रखने के लिए सभी परीक्षा केंद्रों पर जैमर लगाए गए हैं। इसके चलते केंद्रों के आसपास करीब 300 मीटर के दायरे में मोबाइल नेटवर्क प्रभावित रहेगा। साथ ही सभी केंद्रों के 100 मीटर के दायरे में स्थित सामान्य दुकानों को बंद कराया गया है। केवल आपातकालीन सेवाओं से जुड़ी दुकानों को ही संचालन की अनुमति दी गई है। 11 बजे शुरू हुई एंट्री, दोपहर 2 बजे से परीक्षा अभ्यर्थियों की एंट्री सुबह 11 बजे से शुरू की गई, जो दोपहर 1:30 बजे तक जारी रहेगी। इसके बाद किसी भी अभ्यर्थी को प्रवेश नहीं दिया जाएगा। परीक्षा दोपहर 2 बजे शुरू होगी और शाम 5:30 बजे समाप्त होगी। इस बार अधिकांश स्थानीय अभ्यर्थियों को मिला केंद्र प्रशासनिक अधिकारियों के अनुसार इस बार भरतपुर के अधिकांश स्थानीय अभ्यर्थियों को जिले में ही परीक्षा केंद्र आवंटित किए गए हैं। इससे अभ्यर्थियों को लंबी दूरी की यात्रा से राहत मिली है और परीक्षा केंद्रों तक पहुंचने में सुविधा हुई है। देखें… संबंधित अन्य तस्वीरें
छत्तीसगढ़ की जीपीएम जिले में दिनदहाड़े 2 बदमाश पुलिसकर्मी बनकर घर आए और बंदूक की नोक पर व्यापारी को किडनैप कर लिया। जबरन उसको पकड़कर अपनी गाड़ी में बैठाकर साथ ले गए। इस घटना का लाइव CCTV वीडियो भी सामने आया है। मामला मरवाही थाना इलाके के उषाढ गांव का है। पुलिस केस दर्ज कर सीसीटीवी की मदद से आरोपियों और व्यापारी की तलाश शुरू कर दी है। हालांकि अभी तक फिरौती या किसी और चीज को लेकर कोई कॉल या मैसेज नहीं आया है। इससे 25 दिन पहले सर्राफा व्यापारी प्रदीप सोनी की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। देखिए तस्वीरें… जानिए क्या है पूरा मामला ? जानकारी के मुताबिक, व्यापारी गिरीश यादव अपने गांव उषाढ में ही किराना, छड़-सीमेंट और आटा चक्की का व्यवसाय करते हैं। शनिवार (20 जून) को दोपहर 11 बजे गिरीश यादव घर के गलियारे पर सो रहे थे। उनका बेटा पंकज दुकान पर बैठा था। इसी दौरान एक नीले रंग की कार से दो व्यक्ति वहां पहुंचे। बदमाशों ने दुकान से सिगरेट और पानी खरीदा। उसके बाद पंकज से उसके पिता के बारे में पूछा। पंकज जैसे ही अपने पिता को बुलाने अंदर जाने लगा, दोनों बदमाश जबरन घर में घुस गए। उन्होंने सो रहे गिरीश यादव को उठाया और स्टील रंग की पिस्तौल दिखाकर खुद को पुलिसकर्मी बताने लगे। गोली मारने की धमकी, कार में बैठा ले गए विरोध करने पर बदमाशों ने गिरीश यादव को पैर में गोली मारने की धमकी दी, उसे जबरन कार में बैठाकर बरौर बस्ती की ओर ले गए। परिजन चिल्लाते रहे, लेकिन वो रुके नहीं। पंकज ने कार के नंबर का कुछ हिस्सा 'OD 8552' देखा था। यह वारदात घर में लगे सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गई है। जिसमें बदमाश जबरन व्यापारी को उठाकर अपने साथ ले जा रहे हैं। इसकी जानकारी लगने पर व्यापारी के पत्नी का मुंहबोला भाई मनीष जायसवाल ने बरौर में कार को रोकने की कोशिश की, लेकिन बदमाश मरवाही की तरफ तेजी से भाग गए। पत्नी ने दर्ज कराई शिकायत पत्नी दुर्गा यादव ने मामले की शिकायत मरवाही थाने में दर्ज कराई है। जिसके बाद पुलिसकर्मियों ने इसकी जांच की, जब पता चला कि वो पुलिस वाले नहीं है, तो केस दर्ज कर तलाश शुरू की गई। पुलिस की कई टीमें अलग-अलग जगह दबिश दे रही है। एडिशनल एसपी अविनाश मिश्रा ने बताया कि, पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता की धारा 140(3), 3(5), 333, 351(3) और आर्म्स एक्ट की धारा 25, 27 के तहत केस दर्ज कर लिया है। सीसीटीवी फुटेज की मदद से आरोपियों की तलाश की जा रही है। 25 दिन पहले सर्राफा व्यापारी की गोली मारकर की गई थी हत्या इससे पहले, 26 मई को गौरेला-पेंड्रा-मरवाही जिले में सर्राफा व्यापारी प्रदीप सोनी की कोटमी साप्ताहिक बाजार में गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। बाइक सवार बदमाश उनसे सोने-चांदी का बैग भी छीनकर भाग गए थे। इसके लिए बिहार-झारखंड से शूटर बुलाए गए थे। इस वारदात का मास्टरमाइंड बिलासपुर जिले के बिटकुला गांव का रहने वाला खुशीराम साहू है। उसने बाजार में सोना-चांदी व्यापारियों की रेकी कर पूरी साजिश रची थी। इस काम में उसके भतीजे राजाराम साहू ने भी मदद की। पुलिस ने मामले में आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। सोने-चांदी के जेवरात भी बरामद कर लिया गया है। ………………………. इससे संबंधित यह खबर भी पढ़िए… सराफा व्यापारी हत्याकांड...कटे हाथ में तार बांधकर दौड़ाई थी बाइक:पुलिस ने मास्टरमाइंड से क्राइम सीन रीक्रिएशन कराया, मेन शूटर समेत 3 अरेस्ट छत्तीसगढ़ के गौरेला-पेंड्रा-मरवाही में सराफा व्यापारी प्रदीप सोनी हत्याकांड और लूट मामले में पुलिस ने बिहार के मुख्य शूटर मनीष मंडल उर्फ राहुल, सुजीत उर्फ राजू दास और झारखंड के संतोष दास को गिरफ्तार कर लिया है। पढ़ें पूरी खबर…
राजस्व राज्य मंत्री चौधरी ने डीडवाना में किया योगाभ्यास:कलेक्टर, एसपी समेत कई अधिकारी भी हुए शामिल
डीडवाना में 12वें अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर शीतल कुण्ड मंदिर परिसर में जिला स्तरीय योग समारोह आयोजित किया गया। यहां मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए राजस्व राज्य मंत्री विजय सिंह चौधरी ने भी सामूहिक योगाभ्यास किया। उन्होंने योग को भारतीय संस्कृति की अमूल्य धरोहर बताया। मंत्री चौधरी ने कहा कि नियमित योगाभ्यास शारीरिक, मानसिक और आध्यात्मिक स्वास्थ्य के लिए महत्वपूर्ण है। उन्होंने सभी नागरिकों से योग को दैनिक जीवन का हिस्सा बनाने का आह्वान किया। कलेक्टर, एसपी समेत कई अधिकारियों ने किया योगइस अवसर पर जिला कलेक्टर अवधेश मीणा, जिला पुलिस अधीक्षक डॉ. प्यारेलाल शिवरान, जितेंद्र सिंह जोधा और अतिरिक्त जिला कलेक्टर विकास मोहन भाटी सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी, पुलिस एवं प्रशासनिक कार्मिक तथा स्थानीय जनप्रतिनिधि उपस्थित थे। बड़ी संख्या में आमजन ने भी कार्यक्रम में भागीदारी की। योग प्रशिक्षकों के मार्गदर्शन में प्रतिभागियों ने विभिन्न योगासन, प्राणायाम और ध्यान क्रियाओं का अभ्यास किया। कार्यक्रम में योग के स्वास्थ्य लाभों और संतुलित जीवनशैली में इसकी भूमिका पर भी चर्चा की गई।इस जिला स्तरीय आयोजन में प्रतिभागियों ने स्वस्थ जीवन के लिए नियमित योग करने का संकल्प लिया।
बहराइच के इंदिरा स्टेडियम में अंतरराष्ट्रीय योग दिवस धूमधाम से मनाया गया। इस अवसर पर राज्य मंत्री, नगर विकास, राकेश कुमार राठौर, सांसद डॉ. आनंद कुमार गोंड, जिलाधिकारी अक्षय त्रिपाठी और पुलिस अधीक्षक सहित कई जनप्रतिनिधियों, अधिकारियों, कर्मचारियों और नागरिकों ने योगाभ्यास में भाग लिया। कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्वलन के साथ हुआ। योग प्रशिक्षकों के मार्गदर्शन में उपस्थित अतिथियों और प्रतिभागियों ने 'स्वस्थ आयु के लिए योग' थीम के अनुरूप विभिन्न योगासन, प्राणायाम और ध्यान का अभ्यास किया। इस दौरान योग के महत्व, स्वस्थ जीवनशैली में इसकी भूमिका और शारीरिक व मानसिक स्वास्थ्य पर इसके सकारात्मक प्रभावों पर प्रकाश डाला गया। सभी प्रतिभागियों ने सामूहिक योगाभ्यास करते हुए योग को अपने दैनिक जीवन का हिस्सा बनाने का संकल्प लिया। योग दिवस पर आयोजित इस कार्यक्रम में उत्साह, अनुशासन और व्यापक जनभागीदारी देखने को मिली। इसका मुख्य उद्देश्य योग के प्रति जन-जागरूकता बढ़ाना और समाज में स्वस्थ जीवनशैली को बढ़ावा देना था। इंदिरा स्टेडियम के अलावा, पुलिस लाइन और जनपद की सभी तहसीलों व ब्लॉकों में भी अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर योग कार्यक्रमों का आयोजन किया गया।
अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस पर बलरामपुर जिला मुख्यालय स्थित स्वामी आत्मानंद हिंदी माध्यम स्कूल के हाई स्कूल मैदान में जिला स्तरीय सामूहिक योग कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस कार्यक्रम में जिले की प्रभारी और महिला-बाल विकास मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुईं। उन्होंने अलग-अलग योगासनों और प्राणायाम का अभ्यास किया। इस वर्ष योग दिवस की थीम स्वस्थ आयु के लिए योग रही। योग प्रशिक्षकों ने ताड़ासन, वृक्षासन, पादहस्तासन, अर्धचक्रासन, वज्रासन, भद्रासन, मकरासन, भ्रामरी प्राणायाम और ध्यान का अभ्यास कराया। इस सामूहिक योगाभ्यास में बड़ी संख्या में नागरिकों, विद्यार्थियों, अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों ने भाग लिया। सभी ने स्वस्थ जीवनशैली अपनाने का संकल्प लिया। योग को वैश्विक पहचान और संतुलित जीवन का माध्यम बताया लक्ष्मी राजवाड़े ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के प्रयासों से भारत की प्राचीन योग परंपरा को विश्व स्तर पर नई पहचान मिली है। उन्होंने योग को केवल शारीरिक व्यायाम नहीं, बल्कि शरीर, मन और आत्मा के संतुलन का माध्यम बताया। मंत्री ने कहा कि नियमित योग से व्यक्ति में आत्मविश्वास, सकारात्मक सोच और नई ऊर्जा का संचार होता है। नागरिकों से योग अपनाने का आह्वान और पर्यावरण संरक्षण का संदेश मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े ने सभी नागरिकों से योग को अपनी दैनिक दिनचर्या का हिस्सा बनाने का आह्वान किया। मंत्री ने उपस्थित लोगों को नियमित योग करने और स्वस्थ जीवनशैली अपनाने का संकल्प भी दिलाया। कार्यक्रम के बाद उन्होंने एक पेड़ मां के नाम अभियान के तहत मौलश्री का पौधरोपण कर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया कलेक्टर चंदन संजय त्रिपाठी ने उपस्थित लोगों को नशामुक्त भारत निर्माण का संकल्प दिलाया। उन्होंने युवाओं से नशे से दूर रहने और योग अपनाने की अपील भी की।
जिले में 12वां अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस रविवार को उत्साहपूर्वक मनाया गया। जिला स्तरीय मुख्य कार्यक्रम छप्पन की सुरम्य पहाड़ियों के मध्य स्थित विश्व प्रसिद्ध नाकोड़ा तीर्थ में आयोजित हुआ। शांत वातावरण, हरियाली से आच्छादित पहाड़ियों और आध्यात्मिक ऊर्जा से परिपूर्ण नाकोड़ा धाम में हजारों लोगों ने सामूहिक योगाभ्यास कर स्वस्थ जीवन जीने का संकल्प लिया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि एवं जिले के प्रभारी सचिव हरजीलाल अटल ने उपस्थित जनसमूह को संबोधित करते हुए कहा कि योग भारत की प्राचीन संस्कृति और ऋषि परंपरा की अमूल्य धरोहर है, जिसने पूरे विश्व को स्वास्थ्य एवं मानसिक शांति का मार्ग दिखाया है। उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के प्रयासों से संयुक्त राष्ट्र द्वारा अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस को मान्यता मिली, जिसके बाद योग वैश्विक जनआंदोलन बन गया। योग प्रशिक्षकों के निर्देशन में हुए विभिन्न योगासन और प्राणायाम योग प्रशिक्षकों के निर्देशन में उपस्थित लोगों ने विभिन्न योगासन, प्राणायाम एवं ध्यान की क्रियाओं का अभ्यास किया। प्रकृति की गोद में आयोजित इस सामूहिक योग सत्र के दौरान सकारात्मक ऊर्जा, अनुशासन और आत्मिक शांति का वातावरण देखने को मिला। कार्यक्रम में बच्चों, युवाओं, महिलाओं, वरिष्ठ नागरिकों, पुलिस कर्मियों, छात्रों तथा विभिन्न विभागों के अधिकारियों-कर्मचारियों सहित समाज के सभी वर्गों की उल्लेखनीय भागीदारी रही। जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों ने दिया स्वस्थ जीवनशैली का संदेश इस अवसर पर विधायक डॉ. अरुण चौधरी, जिला कलक्टर सुशील कुमार यादव, अतिरिक्त जिला कलक्टर भुवनेश्वर सिंह चौहान, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक हरफूल सिंह, अतिरिक्त मुख्य कार्यकारी अधिकारी हीराराम कलबी, उपखंड अधिकारी राजेश कुमार, नगर विकास न्यास के सचिव अशोक कुमार, पूर्व राजस्व मंत्री अमराराम चौधरी तथा भाजपा जिलाध्यक्ष भरत मोदी सहित अनेक जनप्रतिनिधियों एवं अधिकारियों ने योगाभ्यास कर आमजन को स्वस्थ जीवनशैली अपनाने का संदेश दिया। पौधारोपण कर दिया पर्यावरण संरक्षण का संदेश कार्यक्रम के सफल आयोजन में जिला प्रशासन, नाकोड़ा ट्रस्ट, नगर विकास न्यास, रागेश्वरी गैस टर्मिनल एवं विभिन्न विभागों का महत्वपूर्ण योगदान रहा। पुलिस एवं स्वास्थ्य विभाग ने सुरक्षा और प्राथमिक चिकित्सा की व्यवस्थाएं सुनिश्चित कीं, जबकि परिवहन विभाग ने प्रतिभागियों के आवागमन के लिए बसों की व्यवस्था की। नाकोड़ा ट्रस्ट द्वारा सभी प्रतिभागियों के लिए पौष्टिक अल्पाहार की व्यवस्था भी की गई। कार्यक्रम के समापन के पश्चात प्रभारी सचिव हरजीलाल अटल, विधायक डॉ. अरुण चौधरी, जिला कलक्टर सुशील कुमार यादव सहित अन्य जनप्रतिनिधियों एवं अधिकारियों ने पौधारोपण कर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया तथा योग को दैनिक जीवन का हिस्सा बनाने का आह्वान किया।
लातेहार में शनिवार देर रात एक बड़ा सड़क हादसा हो गया, जिसमें सात लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। घटना कोटाम मोड़ के समीप की है, जहां एक पिकअप वैन अनियंत्रित होकर पलट गई। बताया जा रहा है कि सभी घायल लातेहार प्रखंड के तरवाडीह गांव के निवासी हैं। टांगीनाथ धाम से पूजा-अर्चना कर अपने घर लौट रहे थे। इसी दौरान कोटाम मोड़ के पास चालक का संतुलन बिगड़ गया। वाहन सड़क पर पलट गया। हादसे के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई। आसपास के लोग मदद के लिए जुट गए। तीन को रिम्स किया गया रेफर इस दुर्घटना में बजरंग प्रसाद, सविता देवी, रोहित कुमार, रम्भा देवी, अनिता देवी, सोनी देवी और संतोष प्रसाद घायल हुए हैं। सभी घायलों को तत्काल इलाज के लिए सदर अस्पताल लातेहार लाया गया, जहां चिकित्सकों की देखरेख में उनका उपचार चल रहा है। घायलों में बजरंग प्रसाद, रोहित कुमार और अनिता देवी की हालत गंभीर बताई जा रही है। जिन्हें बेहतर इलाज के लिए रांची स्थित रिम्स रेफर कर दिया गया है। घटना की जानकारी मिलते ही लातेहार प्रखंड के उपप्रमुख राजकुमार प्रसाद मौके पर पहुंचे और स्थानीय लोगों की मदद से सभी घायलों को एंबुलेंस के माध्यम से अस्पताल भिजवाया। पुलिस ने वाहन जब्त कर शुरू की जांच सदर अस्पताल में घायलों का हालचाल जानने के लिए कई जनप्रतिनिधि और नेता भी पहुंचे। जिला कांग्रेस मीडिया प्रभारी पंकज तिवारी, झारखंड प्रदेश कांग्रेस के संयुक्त सचिव आफताब आलम, सरयू मंडल कांग्रेस अध्यक्ष सुनील प्रसाद और संजय शर्मा सहित अन्य लोगों ने घायलों के इलाज की जानकारी ली और उनके परिजनों को हरसंभव मदद का भरोसा दिलाया। इधर, घटना की सूचना मिलने पर सदर थाना पुलिस भी अस्पताल पहुंची और घायलों से दुर्घटना के संबंध में पूछताछ की। थाना प्रभारी प्रमोद सिन्हा ने बताया कि दुर्घटनाग्रस्त पिकअप वैन को जब्त कर लिया गया है। पूरे मामले की जांच की जा रही है।
बीपीएससी की 70वीं संयुक्त प्रतियोगिता परीक्षा में भागलपुर के कई प्रतिभाशाली अभ्यर्थियों ने शानदार सफलता हासिल कर जिले का गौरव बढ़ाया है। किसी का चयन एसडीएम के रूप में हुआ है, तो कोई डीएसपी, प्रोबेशन अधिकारी और शिक्षा विभाग के पदों के लिए चुना गया है। नगर निगम क्षेत्र के कबीरपुर निवासी मो. नवाजिश अशरफ की बेटी सना नवाजिश ने बीपीएससी में 876वीं रैंक हासिल कर प्रोबेशन अधिकारी पद हासिल किया है। सना ने अपनी प्रारंभिक शिक्षा सेंट जोसेफ स्कूल से प्राप्त की। इसके बाद टीएनबी कॉलेज से गणित विषय में स्नातक और तिलकामांझी भागलपुर विश्वविद्यालय से एमएससी की पढ़ाई पूरी की। वर्तमान में वह दिल्ली के दृष्टि संस्थान में अध्यापन काम कर रही हैं और साथ ही यूपीएससी की तैयारी भी कर रही हैं। उनके पिता मो. नवाजिश अशरफ और चाचा मो. अकरम अली ने बताया कि सना का सपना शुरू से ही प्रशासनिक सेवा में जाने का था। इसी तरह सेंट जोसेफ स्कूल के पूर्व छात्र अमृत राज ने बीपीएससी में 239वीं रैंक हासिल कर शिक्षा विभाग में स्थान बनाया है। यूट्यूब और टेस्ट सीरीज की मदद से तैयारी की मानिक सरकार चौक निवासी अमृत ने इंटरमीडिएट की पढ़ाई डीपीएस बोकारो से की थी। साल 2016 में वे दिल्ली चले गए और प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी शुरू की। उन्होंने बताया कि यूपीएससी में मेंस तक पहुंचने के बाद उन्होंने बीपीएससी पर फोकस किया। यह उनका पांचवां प्रयास था। अमृत ने बताया कि उन्होंने मुख्य रूप से यूट्यूब और टेस्ट सीरीज की मदद से तैयारी की और स्वयं नोट्स बनाकर सफलता प्राप्त की। आदमपुर की रहने वाली वैष्णवी चौधरी ने बीपीएससी में 42वीं रैंक प्राप्त कर जिले का नाम रोशन किया है। उमाकांत चौधरी की बेटी वैष्णवी ने दसवीं तक की शिक्षा माउंट एसी स्कूल, भागलपुर से हासिल की, जबकि उच्च माध्यमिक शिक्षा राजस्थान के बनस्थली विद्यापीठ से पूरी की। वर्तमान में वह दिल्ली स्कूल ऑफ इकोनॉमिक्स से भूगोल विषय में स्नातकोत्तर की पढ़ाई कर रही हैं। उनकी सफलता पर परिजनों, शिक्षकों और शुभचिंतकों ने बधाई दी है। शहर के दीपनगर कटरा काली गली निवासी अखिल कुमार रुंगटा ने पहले ही प्रयास में बीपीएससी परीक्षा पास कर 188वीं रैंक हासिल की है। उनका चयन एसडीएम पद के लिए हुआ है। आईआईटी (आईएसएम) धनबाद से इंजीनियरिंग की पढ़ाई पूरी करने वाले अखिल ने अपनी सफलता का श्रेय परिवार के सहयोग, आत्मविश्वास और नियमित अध्ययन को दिया। उन्होंने युवाओं को सकारात्मक सोच, अनुशासन और निरंतर मेहनत के साथ तैयारी करने की सलाह दी। सेल्फ स्टडी और कोचिंग के सहयोग से सफलता हासिल की पीरपैंती नगर पंचायत क्षेत्र के सुंदरपुर निवासी महेश रजक की बेटी प्रियंका कुमारी ने बीपीएससी परीक्षा में 2652वीं रैंक हासिल कर बिहार पुलिस सेवा (डीएसपी) पद हासिल किया है। उनकी माता बेबी कुमारी सरकारी शिक्षिका हैं। साधारण परिवार से आने वाली प्रियंका ने सेल्फ स्टडी और कोचिंग के सहयोग से यह सफलता हासिल की। उनकी उपलब्धि पर क्षेत्र के जनप्रतिनिधियों, सामाजिक कार्यकर्ताओं और बुद्धिजीवियों ने शुभकामनाएं दी हैं। भागलपुर के इन सफल अभ्यर्थियों ने यह साबित कर दिया है कि दृढ़ संकल्प, मेहनत और सही दिशा में की गई तैयारी से किसी भी लक्ष्य को हासिल किया जा सकता है। उनकी सफलता जिले के हजारों युवाओं के लिए प्रेरणा बन गई है।संभावित
फतेहाबाद पुलिस की इकोनॉमिक सेल की टीम ने फर्जी निवेश योजना के नाम पर 2 लाख 75 हजार रुपए की धोखाधड़ी करने के मामले में महिला आरोपी को पकड़ा है। आरोपी की पहचान गाजियाबाद के शालीमार गार्डन एक्सटेंशन-1 निवासी दीप्ति गुप्ता के रूप में हुई है। आरोपी को कोर्ट में पेश किया गया, जहां से उसे न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया। इससे पहले इसी मामले में एक अन्य आरोपी को काबू किया जा चुका है। गांव मताना के युवक ने दी थी शिकायत इकोनॉमिक सेल प्रभारी संदीप सिंह ने बताया कि गांव मताना निवासी सुरेश कुमार ने पुलिस को दी शिकायत में बताया था कि रवि राय, सुभाष, दीप्ति गुप्ता, चंद्र प्रकाश गुप्ता तथा अन्य व्यक्तियों ने स्वयं को ह्यूमन वेलफेयर क्रेडिट एंड थ्रिफ्ट कोऑपरेटिव सोसाइटी लिमिटेड का प्रतिनिधि बताकर विभिन्न योजनाओं में पैसा इनवेस्ट करने के लिए प्रेरित किया। आरोपियों ने आकर्षक रिटर्न और ज्यादा लाभ का लालच देकर उससे दो पॉलिसियों के माध्यम से कुल 2 लाख 75 हजार रुपए जमा करवाए थे। सुरेश के अनुसार, पॉलिसियों की अवधि पूरी होने पर इनवेस्ट की गई रकम सहित लाभ लौटाने का आश्वासन दिया गया था, लेकिन बाद में आरोपियों ने किस्तों का भुगतान बंद कर दिया और जमा की गई राशि भी वापस नहीं की। पैसा वापस मांगा तो करते रहे टालमटोल सुरेश के अनुसार, जब उसने अपनी रकम वापस मांगी तो आरोपी लगातार टालमटोल करते रहे। इसके बाद उसने पुलिस को शिकायत दी। पुलिस ने 12 मई 2025 को बीएनएस की धारा 318(4), 316(2), 61(2) और धारा 3 एचपीआईडीएफई एक्ट-2013 तथा धारा 22 बड्स एक्ट-2019 के अंतर्गत मामला दर्ज किया था। संदीप सिंह ने बताया कि मामले की जांच के दौरान आरोपी दीप्ति गुप्ता की संलिप्तता सामने आने पर उसे काबू किया गया। इसमें शामिल अन्य व्यक्तियों की भूमिका की भी जांच की जा रही है।
बागपत में 12वें अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर पुलिस लाइन ग्राउंड में एक योग शिविर का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में पुलिस अधीक्षक और अपर पुलिस अधीक्षक के नेतृत्व में जनपद के पुलिस अधिकारी एवं कर्मचारी बड़ी संख्या में शामिल हुए। इस वर्ष अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस की थीम एक पृथ्वी-एक स्वास्थ्य थी।शिविर में सभी प्रतिभागियों ने विभिन्न योगासन, प्राणायाम और ध्यान का अभ्यास किया। योग प्रशिक्षकों ने योग की विभिन्न विधियों और उनके स्वास्थ्य लाभों के बारे में विस्तार से जानकारी दी। इस अवसर पर पुलिस अधीक्षक ने अधिकारियों और कर्मचारियों को संबोधित करते हुए कहा कि योग भारतीय संस्कृति की अमूल्य धरोहर है। उन्होंने योग को दैनिक जीवन का हिस्सा बनाने का आह्वान किया। अधिकारियों ने यह भी बताया कि योग केवल शारीरिक व्यायाम नहीं, बल्कि मानसिक और आध्यात्मिक संतुलन का महत्वपूर्ण माध्यम है, जिससे व्यक्ति तनावमुक्त और स्वस्थ जीवन जी सकता है। निरोग जीवन के लिए किया प्रेरित कार्यक्रम में एक पृथ्वी-एक स्वास्थ्य थीम के अनुरूप स्वस्थ जीवनशैली और पर्यावरण के प्रति जागरूकता का संदेश दिया गया। शिविर का उद्देश्य लोगों को स्वास्थ्य के प्रति जागरूक करना और उन्हें निरोग जीवन के लिए प्रेरित करना था। अंत में, सभी अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने नियमित रूप से योग करने का संकल्प लिया। उन्होंने स्वस्थ, निरोग और तनावमुक्त समाज के निर्माण में योगदान देने की प्रतिबद्धता भी व्यक्त की।
रामपुर में जौहर ट्रस्ट को आयकर विभाग ने 37 पन्नों का विस्तृत कारण बताओ नोटिस जारी किया है। इस नोटिस में ट्रस्ट के आयकर पंजीकरण पर सवाल उठाए गए हैं। पीसीआईटी (सेंट्रल), लखनऊ द्वारा जारी इस नोटिस में ट्रस्ट से वित्तीय वर्ष 2020-21 से 2023-24 तक की गतिविधियों और पंजीकरण की शर्तों के पालन पर स्पष्टीकरण मांगा गया है। जौहर विश्वविद्यालय प्रशासन ने फिलहाल इस नोटिस पर कोई टिप्पणी नहीं की है। नोटिस में इलाहाबाद हाईकोर्ट के 18 मार्च 2024 के फैसले और सुप्रीम कोर्ट की टिप्पणियों का हवाला दिया गया है। विभाग ने बताया कि हाईकोर्ट ने जौहर रिसर्च इंस्टीट्यूट के भूमि लीज मामले में ट्रस्ट को फैमिली रन ट्रस्ट करार दिया था। साथ ही, तत्कालीन मंत्री आजम खान पर पद के दुरुपयोग और हितों के टकराव को लेकर गंभीर टिप्पणियां की थीं। सुप्रीम कोर्ट की टिप्पणियों को भी नोटिस का आधार बनाया गया है। आयकर विभाग ने नोटिस में कहा है कि ट्रस्ट को वर्ष 2005 में मिले पंजीकरण और बाद में हुए नवीनीकरण की विभिन्न शर्तों का पालन नहीं किया गया। दस्तावेज़ में यह भी उल्लेख है कि ट्रस्ट द्वारा सार्वजनिक हित के उद्देश्यों को पूरा न करने, भूमि उपयोग संबंधी शर्तों के उल्लंघन और अन्य प्रशासनिक अनियमितताओं के आरोप विभिन्न सरकारी रिपोर्टों और न्यायिक आदेशों में सामने आए हैं। विभाग का मानना है कि प्रथम दृष्टया ट्रस्ट ने आयकर अधिनियम की धारा 12A, 12AA और 12AB के तहत निर्धारित शर्तों का उल्लंघन किया है। इसी आधार पर ट्रस्ट का पंजीकरण निरस्त करने की कार्यवाही पर विचार किया जा रहा है। नोटिस के मुताबिक, ट्रस्ट को 23 जून 2026 को सुबह 11:30 बजे व्यक्तिगत रूप से या अधिकृत प्रतिनिधि के माध्यम से उपस्थित होकर अपना पक्ष रखने का अवसर दिया गया है। विभाग ने चेतावनी दी है कि यदि संतोषजनक जवाब नहीं मिलता है, तो उपलब्ध अभिलेखों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जा सकती है। जिला जेल अधीक्षक ने बताया कि आजम खान जेल में बंद हैं और उन्हें इस संबंध में किसी पत्राचार की जानकारी नहीं है। उन्होंने पता करके बताने की बात कही। ट्रस्ट के अधिकारी भी इस मामले पर चुप्पी साधे हुए हैं। गौरतलब है कि नगर विधायक आकाश ने वर्ष 2019 में जौहर यूनिवर्सिटी के कर संबंधी अनियमितताओं को लेकर शिकायतें की थीं।
औरंगाबाद में अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर जिला प्रशासन की ओर से खेल भवन में सामूहिक योगाभ्यास कार्यक्रम का आयोजन किया गया। जिला पदाधिकारी अभिलाषा शर्मा के निर्देशानुसार आयोजित इस कार्यक्रम में खेल पदाधिकारी कुमार पप्पू राज, डीआरडीए निदेशक अनुपम कुमार, अलग-अलग विभागों के अधिकारी-कर्मी, खिलाड़ी, प्रशिक्षक, शिक्षक, स्टूडेंट्स समेत बड़ी संख्या में आम नागरिक शामिल हुए। कार्यक्रम की शुरुआत योगासन, प्राणायाम और ध्यान के अभ्यास से हुई। प्रतिभागियों ने उत्साहपूर्वक योगाभ्यास किया और नियमित रूप से योग को अपने दैनिक जीवन का हिस्सा बनाने का संकल्प लिया। इस अवसर पर वक्ताओं ने कहा कि योग भारत की प्राचीन एवं अमूल्य धरोहर है। जो शारीरिक, मानसिक एवं आध्यात्मिक स्वास्थ्य को सुदृढ़ बनाने का प्रभावी माध्यम है। फिटनेस, अनुशासन का दिया संदेश वर्तमान भागदौड़ भरे जीवन में योग तनाव से मुक्ति, एकाग्रता में वृद्धि और स्वस्थ जीवनशैली अपनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। कार्यक्रम के दौरान लोगों को योग के प्रति जागरूक रहने और अपने परिवार एवं समाज में भी इसके सकारात्मक संदेश का प्रसार करने के लिए प्रेरित किया गया। योग दिवस के इस आयोजन में खिलाड़ियों और युवाओं की उल्लेखनीय सहभागिता रही। आयोजन के माध्यम से स्वास्थ्य, फिटनेस, अनुशासन और सकारात्मक जीवनशैली का संदेश जन-जन तक पहुंचाने का प्रयास किया गया। व्यवहार न्यायालय में योग उत्सव का भव्य आयोजन वहीं, जिला विधिक सेवा प्राधिकार एवं व्यवहार न्यायालय के संयुक्त तत्वावधान में भी भव्य योग उत्सव का आयोजन किया गया। प्रधान न्यायाधीश अरुण कुमार, जिला एवं अपर सत्र न्यायाधीश विश्व विभूति गुप्ता, अशोक कुमार गुप्ता, लक्ष्मीकांत मिश्रा, संतोष कुमार झा, कन्हैया लाल यादव, विवेक कुमार सिंह, उमेश प्रसाद, मनीष कुमार जायसवाल, पंकज पांडेय, मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी लाल बिहारी पासवान, अपर मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी डॉ. दीवान फहद खान सहित न्यायिक पदाधिकारियों एवं कर्मचारियों ने भाग लिया। वैश्विक स्तर को योग को मिली पहचान प्रशिक्षित योग शिक्षक योगेंद्र भूषण ने योगासन और प्राणायाम का अभ्यास कराया। इस अवसर पर प्रधान जिला जज राजीव रंजन कुमार ने कहा कि योग भारतीय संस्कृति, परंपरा और ऋषि-मुनियों की जीवनशैली का अभिन्न हिस्सा रहा है, जिसे आज वैश्विक पहचान प्राप्त हो चुकी है। मानव के स्वस्थ एवं निरोग जीवन के लिए योग अत्यंत आवश्यक है। इसी महत्व को देखते हुए संयुक्त राष्ट्र संघ ने 21 जून को अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के रूप में मान्यता प्रदान की है। मानसिक संतुलन बनाए रखने में योग सहायक जिला विधिक सेवा प्राधिकार की सचिव तान्या पटेल ने भी योग के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि योग मानसिक संतुलन बनाए रखने में सहायक है। स्वस्थ मनुष्य अनेक सामाजिक और विधिक समस्याओं से भी दूर रह सकता है। इस वर्ष योग दिवस की थीम 'स्वस्थ आयु के लिए योग' है। दोनों आयोजनों में बड़ी संख्या में लोगों की भागीदारी ने यह संदेश दिया कि योग केवल एक व्यायाम नहीं, बल्कि स्वस्थ, संतुलित और अनुशासित जीवन का आधार है।
अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर रविवार को भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) के क्षेत्रीय कार्यालय, गोमती नगर सहित इसकी सभी परियोजना कार्यान्वयन इकाइयों (PIUs) और टोल प्लाजाओं पर सामूहिक योगाभ्यास का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में अधिकारियों और कर्मचारियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। प्रतिभागियों ने विभिन्न योगासनों और प्राणायाम का अभ्यास किया। योग प्रशिक्षकों ने उन्हें इन विधियों का अभ्यास कराया और योग के शारीरिक, मानसिक तथा भावनात्मक स्वास्थ्य पर पड़ने वाले सकारात्मक प्रभावों के बारे में जानकारी दी। कार्यक्रम के दौरान, कर्मचारियों को तनावमुक्त जीवन, बेहतर कार्यक्षमता और संतुलित दिनचर्या के लिए नियमित योग अपनाने का संदेश दिया गया। सभी ने नियमित योग को अपने दैनिक जीवन का हिस्सा बनाने का संकल्प लिया। इस अवसर पर NHAI के क्षेत्रीय अधिकारी गौतम विशाल ने कहा कि योग भारत की प्राचीन और अमूल्य सांस्कृतिक विरासत है। यह स्वस्थ शरीर, शांत मन और सकारात्मक कार्य संस्कृति का आधार है। उन्होंने बताया कि नियमित योग से व्यक्ति का स्वास्थ्य बेहतर होता है, साथ ही उसकी कार्यक्षमता, एकाग्रता और अनुशासन में भी वृद्धि होती है। विशाल ने आगे कहा कि अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस लोगों को स्वस्थ जीवनशैली अपनाने और योग को अपनी दिनचर्या में शामिल करने के लिए प्रेरित करता है। उन्होंने जोर दिया कि आज की भागदौड़ भरी जीवनशैली में बढ़ते मानसिक तनाव और स्वास्थ्य संबंधी चुनौतियों के बीच योग शारीरिक और मानसिक रूप से मजबूत रहने का एक प्रभावी माध्यम है। NHAI क्षेत्रीय कार्यालय, लखनऊ द्वारा आयोजित इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य कर्मचारियों, परियोजनाओं से जुड़े अधिकारियों और राजमार्ग क्षेत्र के अन्य हितधारकों के बीच स्वास्थ्य एवं कल्याण के प्रति जागरूकता बढ़ाना था। क्षेत्र के विभिन्न कार्यालयों और टोल प्लाजाओं पर एक साथ आयोजित इस योग कार्यक्रम ने सामूहिक सहभागिता का संदेश दिया और स्वस्थ भारत के संकल्प को मजबूत किया।
किशनगंज के ठाकुरगंज रेलवे स्टेशन पर रेल मार्ग से शराब तस्करी का एक बड़ा मामला सामने आया है। आरपीएफ (RPF) और जीआरपी (GRP) की संयुक्त गश्ती टीम ने प्लेटफॉर्म संख्या-2 पर बने यात्री शेड के पास से भारी मात्रा में लावारिस विदेशी शराब बरामद की है। यह घटना बिहार में कड़े शराबबंदी कानून के बावजूद सीमावर्ती इलाकों में तस्करों की बढ़ती सक्रियता को दर्शाती है। सुरक्षा बलों को नियमित जांच के दौरान यात्री शेड के पास एक संदिग्ध बोरा मिला। तलाशी लेने पर उसमें से विभिन्न महंगे ब्रांडों की कुल 11.9 लीटर विदेशी शराब बरामद हुई। पुलिस के पहुंचने से पहले ही शराब को ठिकाने लगाने आया तस्कर भीड़ का फायदा उठाकर मौके से फरार हो गया, जिससे इस मामले में कोई गिरफ्तारी नहीं हो सकी। पश्चिम बंगाल से शराब लाते है तस्कर रेलवे सूत्रों के अनुसार, सड़क मार्ग पर पुलिस की बढ़ती चौकसी के कारण तस्करों ने अब रेल मार्ग को तस्करी का सुरक्षित जरिया बना लिया है। ठाकुरगंज रेलवे स्टेशन पश्चिम बंगाल और पूर्वोत्तर राज्यों को जोड़ने वाले मुख्य रेल रूट पर स्थित है, जहां से तस्कर आसानी से शराब खरीदकर बिहार लाते हैं क्योंकि पश्चिम बंगाल में शराब पर कोई पाबंदी नहीं है। तस्कर लोकल और एक्सप्रेस ट्रेनों की सामान्य बोगियों में यात्रियों के सामान के बीच शराब छिपाकर बिहार की सीमा में प्रवेश करते हैं। उनका नेटवर्क इतना संगठित है कि पकड़े जाने के डर से वे अक्सर माल को स्टेशन या रेलवे ट्रैक के किनारे ही अपने स्थानीय गुर्गों को सौंप देते हैं। ठाकुरगंज स्टेशन पर हुई इस बरामदगी ने रेल पुलिस और अन्य सुरक्षा एजेंसियों के सामने एक नई चुनौती खड़ी कर दी है। यह दर्शाता है कि ट्रेनों में नियमित चेकिंग के बावजूद तस्कर आसानी से शराब की खेप लेकर यात्रा कर रहे हैं, जिससे सुरक्षा दावों पर सवाल उठ रहे हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि ठाकुरगंज और आसपास के छोटे हॉल्ट व स्टेशनों पर चेकिंग सख्त नहीं की गई, तो रेल मार्ग पूरी तरह से शराब की सप्लाई लाइन में बदल सकता है।
अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर शनिवार को बेमेतरा के स्वामी विवेकानंद स्टेडियम में आयोजित जिला स्तरीय योग कार्यक्रम उस समय चर्चा में आ गया, जब साजा विधानसभा क्षेत्र के विधायक ईश्वर साहू कार्यक्रम से नाराज होकर बाहर निकल गए। जानकारी के अनुसार कार्यक्रम स्थल पर लगाए गए फ्लेक्स में कई जनप्रतिनिधियों की तस्वीरें शामिल थीं, लेकिन विधायक ईश्वर साहू की तस्वीर नहीं होने पर उन्होंने आपत्ति जताई। इसे अपनी उपेक्षा बताते हुए उन्होंने कार्यक्रम का बहिष्कार करने की घोषणा कर दी। इसके बाद वे मंच पर नहीं गए और कार्यक्रम स्थल से बाहर चले गए। जिला पंचायत अध्यक्ष प्रेमलता पद्माकर और अपर जिला दंडाधिकारी (ADM) प्रकाश भारद्वाज सहित अन्य जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों ने उन्हें मनाने का प्रयास किया और कार्यक्रम में वापस शामिल होने का आग्रह किया, लेकिन वे नहीं माने। आयोजकों की ओर से नहीं आया आधिकारिक बयान फ्लेक्स में विधायक की तस्वीर शामिल न होने के कारणों को लेकर आयोजकों की ओर से अब तक कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है। इस घटना के बाद राजनीतिक गलियारों में चर्चाओं का दौर शुरू हो गया है।
कोडरमा के जयनगर थाना क्षेत्र अंतर्गत करियांवां पंचायत के डहुआटोल गांव स्थित एक बंद खदान से रविवार सुबह एक युवक का शव बरामद होने से इलाके में सनसनी फैल गई। मृतक की पहचान 26 वर्षीय दशरथ यादव, पिता विनोद यादव के रूप में हुई है। बताया जा रहा है कि दशरथ शनिवार सुबह करीब 10 बजे अपनी बाइक से घर से निकला था। वह शाम तक वापस नहीं लौटा। काफी देर तक घर नहीं पहुंचने पर परिजनों को चिंता हुई। उन्होंने उसकी तलाश शुरू की। आसपास के इलाकों में खोजबीन के बावजूद जब उसका कोई सुराग नहीं मिला, तो देर शाम चंदवारा थाना में गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई गई। खदान के पास मिला शव, मुंह पर बंधा था गमछा तलाश के दौरान परिजनों को सूचना मिली कि दशरथ को करियांवां पंचायत के डहुआटोल स्थित एक खदान की ओर जाते देखा गया था। सूचना मिलते ही परिजन रात करीब 2 बजे मौके पर पहुंचे। खदान के पास पहुंचने पर उन्होंने देखा कि दशरथ का शव पड़ा हुआ था और उसके मुंह पर हरे रंग का गमछा बंधा हुआ था। जिस बाइक से वह घर से निकला था, वह भी खदान के पास ही खड़ी मिली। इस घटना के बाद परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। मृतक के चाचा पवन यादव ने बताया कि दशरथ उनके साथ जुड़का कंपनी के तहत तिलैया डैम से जयनगर तक पानी की पाइपलाइन बिछाने के कार्य की देखरेख करता था। फोन पर मिली थी जान से मारने की धमकी परिजनों ने इस घटना को लेकर हत्या की आशंका जताई है। पवन यादव ने बताया कि दशरथ की पत्नी ने जानकारी दी कि रविवार सुबह उसके फोन पर किसी व्यक्ति का कॉल आया था, जिसमें उसे जान से मारने की धमकी दी गई थी। इस आधार पर परिजन किसी साजिश की आशंका जता रहे हैं। उन्होंने बताया कि पाइपलाइन बिछाने के दौरान किसी व्यक्ति से लेनदेन को लेकर विवाद हुआ था। जिसके बाद इस घटना को अंजाम दिया गया होगा। दशरथ अपने माता-पिता की इकलौती संतान था और करीब डेढ़ महीने पहले ही उसकी शादी झुमरी तिलैया के मडुआवाटांड़ में हुई थी।
सीतामढ़ी जिले में आयोजित नीट (NEET) परीक्षा के दौरान एक कैदी को पुलिस सुरक्षा के बीच हथकड़ी लगाकर परीक्षा देने लाया गया। यह घटना डुमरा स्थित कमला गर्ल्स स्कूल परीक्षा केंद्र पर हुई, जहां परीक्षार्थियों और स्थानीय लोगों के बीच यह चर्चा का विषय बन गया। कैदी की पहचान कंहौली थाना क्षेत्र के बगहा निवासी मंसूर अंसारी के पुत्र अफजद अंसारी के रूप में हुई है। 15 दिनों से मंडल कारा में है बंद अफजद अली मारपीट के एक मामले में पिछले 15 दिनों से सीतामढ़ी मंडल कारा में बंद है। जेल में रहते हुए ही अफजद ने नीट परीक्षा के लिए आवेदन किया था। उसका परीक्षा केंद्र डुमरा स्थित कमला गर्ल्स स्कूल में निर्धारित किया गया था। सीतामढ़ी न्यायालय से परीक्षा में शामिल होने की अनुमति मिलने के बाद, प्रशासन ने उसे कड़ी सुरक्षा के बीच परीक्षा केंद्र तक पहुंचाया। पुलिसकर्मियों की निगरानी में अफजद अली परीक्षा केंद्र पहुंचा। आवश्यक औपचारिकताएं पूरी करने के बाद उसे परीक्षा में शामिल होने दिया गया। इस मामले पर डीएसपी राजीव कुमार सिंह ने बताया कि युवक मारपीट के मामले में जेल में बंद है और न्यायालय के आदेश पर उसे जेल से परीक्षा केंद्र पर लाया गया था।
पाली में रविवार को 5 परीक्षा केंद्रों पर नीट यूजी परीक्षा आयोजित की जा रही है। शहर के बांगड़ कॉलेज परीक्षा केंद्र पर कड़ी जांच के बाद अभ्यर्थियों को एंट्री दी जा रही थी। इस दौरान मन्नत के धागे खुलवाए जा रहे थे। नजर का चश्मा उतरवाकर उसे भी चेक किया जा रहा है। कड़ी चेकिंग के बाद मिली एंट्री वीडियोग्राफी, बायोमेट्रिक के बाद अभ्यर्थियों को सेंटर पर प्रवेश दिया गया। कुछ ऐसी ही चेकिंग बांगड़ स्कूल, बालिया स्कूल और गर्ल्स कॉलेज परीक्षा केंद्रों पर देखने को मिले। परीक्षा शांतिपूर्ण और बिना किसी नकल के सम्पन्न हो सके इसके लिए सभी केंद्रों पर भारी पुलिस जाब्ता भी तैनात किया गया। पाली शहर में पांच परीक्षा केंद्र बनाए गए बता दें कि नीट यूजी परीक्षा को लेकर पाली शहर में पांच परीक्षा केंद्र बनाए गए है। परीक्षा को लेकर इस बार 2079 अभ्यर्थियों ने रजिस्ट्रेशन करवा रखा है। परीक्षा दोपहर 2 बजे से शाम 5.15 बजे तक आयोजित की जा रही है। सुबह साढ़े 11 बजे से दोपहर डेढ़ बजे तक अभ्यर्थियों को एंट्री दी जा रही थी। गर्मी को देखते हुए सेंटरों पर टैंट की व्यवस्था इस बार खास बात यह रही थी कि गर्मी को देखते हुए अभ्यर्थियों के लिए परीक्षा केंद्र परिसर में टेंट लगवाया गया। साथ ही उनकी बॉयोमैट्रिक हाजरी भी कॉलेज परिसर में छत के नीचे ली गई ताकि उन्हें धूप से राहत मिले।
उन्नाव में रविवार को मेडिकल प्रवेश परीक्षा NEET कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच संपन्न होगी। प्रशासन ने परीक्षा को नकलविहीन और सकुशल कराने के लिए पुख्ता इंतजाम किए है। जिलाधिकारी घनश्याम मीणा और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक जयप्रकाश सिंह ने विभिन्न परीक्षा केंद्रों का निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया और आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। जिले में NEET परीक्षा के लिए कुल चार केंद्र बनाए गए थे। इन केंद्रों पर 1241 परीक्षार्थियों ने परीक्षा में भाग लेंगे। परीक्षा दोपहर 2 बजे से शाम 5:15 बजे तक आयोजित होगी। केंद्रों में प्रवेश से पहले सभी अभ्यर्थियों की गहन जांच की गई। सुरक्षा के लिए पुलिस बल तैनात रहा और प्रशासनिक अधिकारियों द्वारा लगातार निगरानी की गई। परीक्षा को लेकर अभ्यर्थियों में उत्साह के साथ-साथ पिछली पेपर लीक की घटनाओं को लेकर चिंता भी दिखी। सफीपुर से आई छात्रा अनामिका ने बताया कि उन्होंने परीक्षा की अच्छी तैयारी की थी, लेकिन पिछली बार पेपर लीक होने के बाद मानसिक दबाव बढ़ गया था। उन्होंने कहा कि दोबारा परीक्षा की चिंता के कारण इस बार उनकी तैयारी पहले जैसी नहीं हो पाई। अनामिका ने उम्मीद जताई कि सरकार द्वारा दोबारा परीक्षा कराए जाने के फैसले के बाद इस बार परीक्षा पूरी पारदर्शिता के साथ संपन्न होगी। उन्होंने कहा कि छात्रों को हमेशा यह डर रहता है कि कहीं फिर से पेपर लीक जैसी समस्या सामने न आए। उन्होंने सरकार से भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए और सख्त कदम उठाने की मांग की। छात्रा ने परीक्षा केंद्र पर सुरक्षा व्यवस्था को सामान्य और सुरक्षित बताया। हालांकि, सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म टेलीग्राम पर पेपर लीक को लेकर चलने वाली अफवाहों से छात्रों में चिंता बनी रहती है। सिविल लाइन से परीक्षा देने पहुंचे छात्र तन्मय यादव ने भी अपनी बात रखी। उन्होंने बताया कि पहली बार उन्होंने परीक्षा की तैयारी बहुत अच्छी की थी, लेकिन पेपर लीक होने के बाद उनका मनोबल प्रभावित हुआ। दोबारा तैयारी शुरू करने में उन्हें काफी परेशानी हुई, फिर भी उन्होंने जितना संभव हो सका उतनी मेहनत की। तन्मय ने कहा कि प्रशासन द्वारा कड़ी सुरक्षा के बीच परीक्षा कराई जा रही है। अब उम्मीद है कि परीक्षा सही तरीके से संपन्न होगी और मेहनत करने वाले छात्रों को उसका उचित परिणाम मिलेगा।जिलाधिकारी घनश्याम मीणा और एसएसपी जयप्रकाश सिंह ने परीक्षा केंद्रों पर पहुंचकर व्यवस्थाओं का जायजा लिया। उन्होंने सुरक्षा, सीसीटीवी निगरानी, प्रवेश प्रक्रिया और अन्य व्यवस्थाओं की समीक्षा की। अधिकारियों ने निर्देश दिए कि परीक्षा में किसी भी तरह की लापरवाही न हो और सभी केंद्रों पर शासन की गाइडलाइन का पूरी तरह पालन कराया जाए।
बड़वानी में नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (एनटीए) की ओर से रविवार को नीट-यूजी परीक्षा का आयोजन किया जा रहा है। जिले के 11 परीक्षा केंद्रों पर कुल 3,845 परीक्षार्थी शामिल हुए। यह परीक्षा देश भर के मेडिकल कॉलेजों में प्रवेश के लिए आयोजित की गई। परीक्षा केंद्रों पर प्रवेश से पहले परीक्षार्थियों की सघन जांच की गई। गेट पर तैनात पुलिसकर्मियों ने तलाशी ली, जबकि केंद्र के अंदर एजेंसी से जुड़े कर्मचारियों ने फोटो का मिलान किया। सुरक्षा के मद्देनजर मेटल डिटेक्टर का उपयोग किया गया और इलेक्ट्रॉनिक गैजेट्स प्रतिबंधित रहे। दोपहर 2 बजे से शाम 5 बजे तक चलेगी परीक्षा परीक्षार्थियों को दोपहर 1:30 बजे से केंद्रों में प्रवेश दिया गया, जिसके बाद प्रवेश बंद कर दिया गया। परीक्षा दोपहर 2 बजे से शाम 5 बजे तक चली। प्रवेश के लिए 'एडमिट कार्ड' और 'आईडी प्रूफ' (जैसे आधार या पासपोर्ट) अनिवार्य किए गए थे। शहर के एसबीएन गवर्नमेंट पीजी कॉलेज, गवर्नमेंट गर्ल्स कॉलेज, पीएम श्री केंद्रीय विद्यालय और एकलव्य मॉडल स्कूल सहित कुल 11 केंद्रों पर परीक्षा आयोजित की गई। कलेक्टर जयति सिंह और एसपी पद्मविलोचन शुक्ल ने परीक्षा केंद्रों का निरीक्षण किया और जिला प्रशासन ने सुरक्षा के कड़े प्रबंध सुनिश्चित किए। विद्यार्थियों के लिए क्लॉक रूम की सुविधा एनटीए ने सामान्य अभ्यर्थियों को 15 मिनट और दिव्यांग अभ्यर्थियों को 1 घंटे का अतिरिक्त समय प्रदान किया। परीक्षा को पूर्णतः पारदर्शी और शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के लिए सभी आवश्यक व्यवस्थाएं की गई थीं। नकल रोकने और शांति व्यवस्था के लिए केंद्रों पर पुलिस बल तैनात रहा और केंद्रों के बाहर परिजनों व विद्यार्थियों के लिए क्लॉक रूम की सुविधा दी गई। तस्वीरें देखिए…
रीवा जिले में आज (रविवार) राष्ट्रीय पात्रता सह प्रवेश परीक्षा (NEET-UG) आयोजित की जा रही है। राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (NTA) द्वारा परीक्षा दोपहर 2 बजे से शाम 5:15 बजे तक चलेगी। जिले के कुल 13 परीक्षा केंद्रों पर 5399 परीक्षार्थी एग्जाम देने पहुंचे हैं। परीक्षा को शांतिपूर्ण और पारदर्शी तरीके से संपन्न कराने के लिए केंद्रों पर सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं। अभ्यर्थियों को प्रवेश देने के लिए सुबह 11:30 बजे से केंद्रों के गेट खोल दिए गए थे। अंदर जाने से पहले छात्र-छात्राओं की मेटल डिटेक्टर और मैनुअल तरीके से सघन जांच (फ्रिस्किंग) की गई। सुरक्षा मानकों का सख्ती से पालन कराते हुए अभ्यर्थियों के कपड़ों में लगी चेन, धातु के बटन, कलावा, गहने और अन्य धातु की वस्तुएं बाहर ही उतरवा ली गईं। सख्ती का आलम यह रहा कि कई अभ्यर्थियों की पैंट की चेन और बटन तक प्लास और पेचकस की मदद से निकाले गए, उसके बाद ही उन्हें प्रवेश मिला। इस कड़ी जांच प्रक्रिया के चलते कुछ परीक्षा केंद्रों के बाहर थोड़ी देर के लिए अफरा-तफरी जैसी स्थिति भी बन गई थी। इन 13 परीक्षा केंद्रों पर हो रहा एग्जामजिले में नीट परीक्षा के लिए टीआरएस कॉलेज, मॉडल हायर सेकेंडरी स्कूल, एसके स्कूल और पीके सांदीपनि हायर सेकेंडरी स्कूल को केंद्र बनाया गया है। इनके साथ ही केंद्रीय विद्यालय क्रमांक 1 व 2, गवर्मेंट हायर सेकेंडरी स्कूल क्रमांक 1 व 2 और मार्तण्ड उत्कृष्ट विद्यालय क्रमांक 1 व 2 में भी परीक्षार्थी पेपर दे रहे हैं। इसके अलावा शासकीय कन्या महाविद्यालय, शासकीय विधि महाविद्यालय और पॉलिटेक्निक कॉलेज में भी परीक्षा सुचारू रूप से आयोजित की जा रही है। एएसआई स्तर के अधिकारी संभाल रहे सुरक्षा की कमानकलेक्टर नरेन्द्र कुमार सूर्यवंशी ने परीक्षा व्यवस्थाओं को लेकर संबंधित विभागों को सख्त निर्देश जारी किए हैं। प्रत्येक परीक्षा केंद्र पर कम से कम एक एएसआई (ASI) स्तर का अधिकारी सुरक्षा की कमान संभाल रहा है। हर केंद्र पर पुलिस अधिकारी के साथ चार सुरक्षाकर्मी तैनात किए गए हैं, जिनमें महिला अभ्यर्थियों की जांच के लिए 50 प्रतिशत महिला पुलिसकर्मियों की ड्यूटी लगाई गई है। बैंक के स्ट्रांग रूम में सुरक्षित रखे गए प्रश्नपत्रों को भी अलग-अलग वाहनों से कड़ी पुलिस सुरक्षा के बीच केंद्रों तक पहुंचाया गया है। अभिभावकों के लिए टेंट और ओआरएस की व्यवस्थाभीषण गर्मी को देखते हुए प्रशासन ने केंद्रों के बाहर परीक्षार्थियों के अभिभावकों के बैठने के लिए विशेष पंडाल लगाए हैं। यहां शुद्ध पेयजल के साथ ग्लूकोज और ओआरएस (ORS) की पर्याप्त व्यवस्था की गई है। परीक्षा के दौरान बिजली कटौती से बचने के लिए निर्बाध आपूर्ति और जनरेटर जैसी वैकल्पिक व्यवस्थाएं भी सुनिश्चित की गई हैं।
गाजियाबाद में नीट परीक्षा को लेकर आज सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं। डीएम रविंद्र कुमार मांदड़ ने बताया कि जिले में 22 केंद्रों पर आज राष्ट्रीय पात्रता एजेंसी की ओर से नीट यूजी परीक्षा आयोजित की जा रही है, सभी केंद्रों पर सुरक्षा कड़ी रहेगी। इसको लेकर जिला प्रशासन की ओर से सभी तैयारियां पूरी हैं, इससे पहले शनिवार को सभी केंद्रों पर मॉकड्रिल का आयोजन किया गया। सीसी टीवी कैमरों की निगरानी में परीक्षा गाजियाबाद में परीक्षा के नोडल अधिकारी ADM सिटी विकास कश्यप ने बताया कि प्रत्येक परीक्षा केंद्र पर CCTV कैमरे लगाए दिए गए हैं। इनमें 8 थाना प्रभारी लगाए गए हैं। सभी केंद्रों पर 120 यातायात पुलिसकर्मी लगाए गए हैं। सभी 22 केंद्रों 450 पुलिसकर्मियों की ड्यूटी लगाई ई है। परीक्षा केंद्रों के आसपास सभी साइबर कैफे बंद रहेंगे। 3 जोन में परीक्षा केंद्रों को बांटा गया है। जोनल मजिस्ट्रेट और सेक्टर मजिस्ट्रेट सभी सेंटरों की व्यवव्था देखेंगे।सभी केंद्रों पर सीसीटीवी कैमरे, बायोमैट्रिक सत्यापन, प्रवेश प्रक्रिया सहित अन्य व्यवस्थाओं की जांच की गई है। छात्रों को परीक्षा केंद्र पर परीक्षा शुरू होने से एक घंटे पहले पहुंचने के लिए कहा गया है। प्रश्न पत्रों को भी पुलिस और सीएपीएफ की निगरानी में परीक्षा केंद्रों में पहुंचाया जाएगा। बिना प्रवेश पत्र और पूरी जांच के बाद ही परीक्षा सेंटर पर प्रवेश दिया जाएगा। परीक्षा दोपहर 2 बजे से 5 बजे है।
सतना में अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर रविवार को शासकीय व्यंकट क्रमांक एक एक्सीलेंस स्कूल में सामूहिक योग कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस कार्यक्रम में मध्य प्रदेश की राज्यमंत्री प्रतिमा बागरी ने योग कर स्वस्थ जीवन का संदेश दिया। उनके साथ महापौर योगेश ताम्रकार, जिला पंचायत उपाध्यक्ष सुष्मिता सिंह, प्रशासनिक अधिकारी, कर्मचारी और बड़ी संख्या में आमजन मौजूद रहे। कलेक्टर डॉ. सतीश कुमार एस और जिला पंचायत सीईओ शैलेन्द्र सिंह ने भी योग अभ्यास में भाग लिया। सुबह आयोजित इस कार्यक्रम में योग प्रशिक्षकों के मार्गदर्शन में सभी प्रतिभागियों ने विभिन्न योगासन, प्राणायाम और ध्यान का अभ्यास किया। पूरे परिसर में उत्साह और सकारात्मक ऊर्जा का माहौल देखने को मिला, जहां लोगों ने अनुशासन और एकाग्रता के साथ योगाभ्यास किया। योग संतुलित जीवन जीने की पद्धतिराज्यमंत्री प्रतिमा बागरी ने इस अवसर पर कहा कि योग केवल एक दिन का आयोजन नहीं है, बल्कि यह स्वस्थ और संतुलित जीवन जीने की एक संपूर्ण पद्धति है। उन्होंने जोर दिया कि निरोगी काया और स्वस्थ मन के लिए प्रतिदिन योग करना आवश्यक है, क्योंकि नियमित अभ्यास से शरीर स्वस्थ रहता है और मानसिक तनाव भी दूर होता है। कार्यक्रम के दौरान ताड़ासन, वृक्षासन, पादहस्तासन, अर्द्ध चक्रासन, त्रिकोणासन, दंडासन, भद्रासन, वज्रासन, अर्द्ध उष्ट्रासन, उष्ट्रासन, शशकासन, उत्थानमंडूकासन और वक्रासन जैसे आसनों का अभ्यास कराया गया। आसनों के इस क्रम के बाद शरीर और मन के संतुलन के लिए कपालभाति, अनुलोम-विलोम, शीतली और भ्रामरी प्राणायाम का भी अभ्यास कराया गया।
बालोद जिले के डौंडीलोहारा ब्लॉक के ग्राम तुएगोंदी में शनिवार को देव जात्रा का आयोजन किया गया। जामड़ीपाठ में पूजा पद्धति और अवैध निर्माण को लेकर चल रहे विवाद के बीच इस आयोजन में बालोद, राजनांदगांव और धमतरी जिले के करीब 15 हजार से अधिक लोग शामिल हुए, लेकिन पुलिस प्रशासन करीब 30 किमी दूरी से सुरक्षा के दृष्टिकोण से गाड़ियों में जांच चलती रही। करीब 1 हजार से अधिक पुलिस बल सुरक्षा की दृष्टि से लगाए गए थे। डौंडीलोहारा से जामड़ीपाठ की ओर जाने वाले सभी प्रमुख मार्गों पर बेरिकेड्स लगाए गए थे। मंदिर की ओर जाने वाले मुख्य मार्ग को पूरी तरह बंद कर दिया गया था। कई जगहों पर आदिवासी समाज के लोगों और पत्रकारों के बीच अंदर जाने को लेकर पुलिस प्रशासन के साथ तीखी बहस होती रही। 18 गांव के देवी-देवताओं को किया गया आमंत्रित इस कार्यक्रम में डौंडीलोहारा रियासत के रजवाड़े के समय स्थापित देवी-देवताओं सहित आस-पास के करीब 18 गांव के देवी देवता और देवपंचो को आमंत्रित किया गया था। शुक्रवार देर शाम डौंडीलोहारा से मां दंतेश्वरी, शीतला मंदिर सहित आंगा देवता और अन्य देवी-देवता तुएगोंदी पहुंचे। जहां पूजा अर्चना के बाद रात 10 बजे से देव जात्रा और देवताओं के बीच सहमति लेने और गांव बनाने का कार्य प्रारंभ किया गया। शनिवार सुबह 11 बजे तक पूजा चला। 4 किमी खड़ी पहाड़ चढ़कर पहुंचे पाठ बाबा आदिवासी समाज की ओर से तुएगोंदी में पूजा के बाद पाठ बाबा और जल कैना देवता को मनाने के लिए बैगा-सिरहा और देवपंच पैदल 4 किमी खड़ी पहाड़ चढ़ाई कर जामड़ी पाठ पहुंचे। जहां से सीढ़ियों के द्वारा नीचे उतर कर जल कैना (जल देवता) को मनाने की प्रक्रिया देर शाम तक चलती रही। मधुमक्क्खियों का हुआ हमला, सैकड़ों लोग भागे देव जात्रा के दौरान सिर्फ चिन्हित लोगों को पाठ बाबा तक जाने की अनुमति थी। समाज के लोगों ने अन्य लोगों को पाठ बाबा तक जाने के लिए मना किया। लेकिन फिर भी भीड़ दर्शन करने के जाने लगे। इसी दौरान सैकड़ों लोगों पर मधुमक्क्खियो ने हमला कर दिया। जिसके बाद लोग जान बचा कर इधर उधर भागने लगे।
अभिजीत दिपके ने देशभर के लोगों से जंतर-मंतर पहुंचकर आंदोलन में शामिल होने की अपील की है। उन्होंने विशेष रूप से उन छात्रों से भी समर्थन मांगा है, जो दोबारा आयोजित NEET परीक्षा में शामिल हो रहे हैं।
डीग के ऐतिहासिक जलमहल प्रांगण में रविवार को 12वें अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर जिला स्तरीय सामूहिक योगाभ्यास कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में राजस्थान के गृह राज्य मंत्री जवाहर सिंह बेढ़म मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। डीग-कुम्हेर विधायक डॉ. शैलेश सिंह और जिला कलेक्टर मयंक मनीष सहित सैकड़ों लोगों ने इसमें भाग लिया। कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्ज्वलन के साथ हुआ। इसके बाद एलईडी स्क्रीन के माध्यम से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के कोलकाता से दिए गए संबोधन और मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के आबू रोड से प्रसारित योग संदेश का सीधा प्रसारण उपस्थित लोगों ने देखा और सुना। 45 मिनट तक सामूहिक योगाभ्यास कियापीएम मोदी के संदेश के बाद योग प्रशिक्षक लल्लूराम जांगिड़ के निर्देशन में सामान्य योग अभ्यासक्रम के तहत लगभग 45 मिनट तक सामूहिक योगाभ्यास कराया गया। प्रतिभागियों ने ताड़ासन, वृक्षासन, त्रिकोणासन, भुजंगासन, शलभासन, सेतुबंधासन, पवनमुक्तासन सहित विभिन्न योगासनों का अभ्यास किया। इसके साथ ही कपालभाति, अनुलोम-विलोम, शीतली और भ्रामरी प्राणायाम भी करवाए गए। योग सत्र का समापन ध्यान और शांति पाठ के साथ हुआ। रोज योग करने, नशे से दूर रहने, मतदान करने की शपथ दिलाईयोगाभ्यास के बाद उपस्थित जनसमूह को तीन महत्वपूर्ण शपथ दिलाई गईं। गृह राज्य मंत्री जवाहर सिंह बेढ़म ने योग को दैनिक जीवन में अपनाने और स्वास्थ्य व शांति के प्रसार का संकल्प दिलाया। विधायक डॉ. शैलेश सिंह ने युवाओं को नशे से दूर रहने की शपथ दिलाई, जबकि जिला कलेक्टर मयंक मनीष ने मतदाता जागरूकता और लोकतांत्रिक भागीदारी का संकल्प दिलाया। 'योग भारत की प्राचीन ऋषि परंपरा की अमूल्य धरोहर'इस दौरान गृह राज्य मंत्री बेढ़म ने कहा कि योग भारत की प्राचीन ऋषि परंपरा की अमूल्य धरोहर है, जिसे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के प्रयासों से वैश्विक पहचान मिली है। उन्होंने बताया कि नियमित योग से व्यक्ति शारीरिक, मानसिक और वैचारिक रूप से मजबूत बनता है तथा अनेक बीमारियों से बचाव संभव है। विधायक डॉ. शैलेश सिंह ने कहा कि योग केवल एक दिवस का आयोजन नहीं, बल्कि स्वस्थ और संतुलित जीवन जीने की वैज्ञानिक पद्धति है। कार्यक्रम के समापन पर जलमहल परिसर में पर्यावरण संरक्षण का संदेश देते हुए अतिथियों ने पौधारोपण भी किया।
समस्तीपुर जिला परिषद कार्यालय का एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वायरल वीडियो में कुछ लोग कार्यालय के अंदर ही बैठकर शराब का सेवन कर रहे हैं। एक ही टेबल पर तीन लोग शराब का सेवन करते हुए दिख रहे हैं। तीनों जिला परिषद के कर्मी हैं। वीडियो सामने आने के बाद जिला व जिला परिषद महकमे में हड़कंप मच गया है। मामले को गंभीरता से लेते हुए प्रशासनिक स्तर पर जांच की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। समस्तीपुर के डीडीसी ने मामले की गंभीरता को देखते हुए मामले में जांच कर कार्रवाई का आदेश किया है। वायरल वीडियो में देखा जा सकता है कि कार्यालय के एक कक्ष में टेबल के चारों ओर कुर्सियां लगाकर चार लोग बैठे हुए है। शराब की एक बोतल रखी दिखाई दे रही है, जबकि वहां मौजूद लोगों के सामने ग्लास भी रखा हुआ है, जिनमें शराब भरी हुई नजर आ रही है। वीडियो में कुछ लोग आपस में बातचीत करते और आराम से बैठे हुए दिख रहे हैं। डीडीसी बोले- कार्रवाई होगी शराब सेवन के दौरान कार्यालय के ही किसी कर्मचारी ने चोरी-छिपे पूरे घटनाक्रम का वीडियो बना लिया और बाद में उसे सोशल मीडिया पर वायरल कर दिया। बिहार में पूर्ण शराबबंदी कानून लागू है । सरकारी कार्यालय में शराब सेवन किए जाने की घटना सामने आने से प्रशासनिक व्यवस्था और कार्यालयी अनुशासन पर भी प्रश्नचिह्न लगने लगे हैं। इस संबंध में डीडीसी सूर्य प्रताप सिंह ने कहा कि वायरल वीडियो उनके संज्ञान में आया है और इसकी सत्यता की जांच कराई जा रही है। उन्होंने कहा कि पूरे मामले का गंभीरता से सत्यापन कराया जाएगा। यदि जांच में वीडियो सही पाया जाता है और किसी कर्मी की संलिप्तता सामने आती है, तो संबंधित कर्मियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
पानीपत में जननायक जनता पार्टी (JJP) के युवा जिला प्रधान अमन मान को जान से मारने की धमकी देकर दो करोड़ रुपए की रंगदारी मांगने का मामला सामने आया है। रंगदारी मांगने वाले ने खुद को कुख्यात गैंगस्टर रोहित गोदारा ग्रुप का सदस्य बताया है। पीड़ित नेता की शिकायत पर थाना शहर पानीपत पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच शुरू कर दी है। विदेशी नंबर से आई धमकी भरी कॉल शहर पुलिस स्टेशन के थाना प्रबंधक को सौंपे गए प्रार्थना पत्र में बिशन स्वरूप कॉलोनी निवासी अमन मान ने बताया कि पिछले कुछ समय से उन्हें अलग-अलग बाहरी (इंटरनेशनल) नंबरों से फोन आ रहे थे, जिन्हें वे शुरुआत में गंभीरता से नहीं ले रहे थे। लेकिन 23 मई को उनके पास विदेशी के एक विशेष नंबर से कॉल आई। फोन करने वाले व्यक्ति ने खुद को रोहित गोदारा गैंग का सदस्य बताते हुए अमन मान को सीधे तौर पर जान से मारने की धमकी दी और ₹2 करोड़ की रंगदारी की डिमांड की। आरोपी ने यह भी चेतावनी दी कि यदि पैसे नहीं दिए गए, तो अमन मान और उनके परिवार को गंभीर नुकसान पहुंचाया जाएगा। सुरक्षा की गुहार, पुलिस जांच में जुटी अमन मान ने शिकायत में बताया कि इन लगातार मिल रही धमकियों के कारण उनका पूरा परिवार इस समय अत्यधिक भयभीत और मानसिक तनाव में है। उन्हें अपनी और परिवार की सुरक्षा को लेकर गंभीर खतरा महसूस हो रहा है। उन्होंने पुलिस प्रशासन से मामले की गहनता से जांच कर आरोपियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई करने और परिवार को उचित सुरक्षा मुहैया कराने की मांग की है। पुलिस ने शिकायत पत्र के आधार पर आगामी तफ्तीश शुरू कर दी है।
बिहार सरकार के खान एवं भूतत्व विभाग के निर्देश पर किशनगंज जिले की अंतरराज्यीय सीमाओं पर खनिज लदे वाहनों की निगरानी के लिए विशेष अभियान शुरू किया गया है। जिला खनन कार्यालय ने इस संबंध में एक संयुक्त आदेश जारी किया है। यह अभियान 20 जून से 5 जुलाई तक चलेगा। इस अभियान के तहत जिले के तीन प्रमुख सीमा चेकपोस्टों पर 24 घंटे अधिकारियों और पुलिस पदाधिकारियों की प्रतिनियुक्ति की गई है। बिहार में अन्य राज्यों से प्रवेश करने वाले गिट्टी, बालू सहित अन्य लघु खनिज लदे वाहनों की सघन जांच की जाएगी। मद्य निषेध चेकपोस्ट गलगलिया, रामपुर चेकपोस्ट और फरिंगगोला चेकपोस्ट पर तीन-तीन पालियों में अधिकारियों और पुलिस पदाधिकारियों की ड्यूटी लगाई गई है। खनिज नियमावली के तहत लगेगा जुर्माना प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि बिहार में प्रवेश करने वाले सभी खनिज लदे वाहनों के पास ट्रांजिट पास के साथ संबंधित राज्य द्वारा जारी वैध खनिज परिवहन चालान होना अनिवार्य है। जांच के दौरान यदि वाहन चालक दोनों में से कोई एक दस्तावेज प्रस्तुत करने में असफल रहता है, तो वाहन को बिहार खनिज नियमावली के तहत जब्त कर जुर्माना लगाया जाएगा। अवैध खनिज परिवहन में पकड़े गए वाहन जुर्माना जमा करने के बाद ही मुक्त किए जाएंगे। इसके अतिरिक्त, ओवरलोडेड वाहनों की भी विशेष जांच की जाएगी। इसका उद्देश्य अवैध परिवहन और राजस्व क्षति पर प्रभावी रोक लगाना है। हर रोज खनन कार्यालय को उपलब्ध कराएं रिपोर्ट प्रतिनियुक्त अधिकारियों को निर्देश दिया गया है कि वे जांच किए गए सभी वाहनों का विवरण एक पंजी में दर्ज करें और प्रतिदिन जांच से संबंधित रिपोर्ट पूर्वाह्न 11 बजे तक जिला खनन कार्यालय को उपलब्ध कराएं। खान निरीक्षक को सभी चेकपोस्टों के साथ समन्वय स्थापित कर कार्रवाई सुनिश्चित करने की जिम्मेदारी सौंपी गई है। पुलिस केंद्र किशनगंज को आवश्यकतानुसार अतिरिक्त पुलिस बल उपलब्ध कराने का निर्देश दिया गया है। चेकपोस्टों पर तैनात पुलिस पदाधिकारी मद्य निषेध विभाग के पूर्व से प्रतिनियुक्त पुलिस बल के साथ समन्वय स्थापित कर वाहनों की जांच करेंगे। किसी पुलिस पदाधिकारी के अवकाश या अनुपस्थिति की स्थिति में अनुमंडल पुलिस पदाधिकारियों को वैकल्पिक प्रतिनियुक्ति सुनिश्चित करने का निर्देश भी दिया गया है।
कानपुर की मेयर प्रमिला पांडेय का निवास जिस वार्ड में है वहां भी विकास के दावे जमीन पर नहीं मिले। वार्ड-42 परमट 40 वर्षों से जलभराव की बीमारी झेल रहा है। लोगों ने बताया कि बारिश में सड़कें तालाब हो जाती हैं। पानी घरों और दुकानों में घुसता है। श्रद्धालुओं को गंदे पानी से होकर मंदिर तक पहुंचना पड़ता है। दैनिक भास्कर की वार्ड परिक्रमा में लोगों का दर्द साफ झलका। बताया कि सरकारी अस्पताल और बारातशाला जैसी बुनियादी सुविधाओं की मांग अधूरी है। मेयर का वार्ड है, लेकिन सुविधाओं के नाम पर कुछ भी नहीं। दैनिक भास्कर वार्ड परिक्रमा अभियान चला रहा है। इस कड़ी में वार्ड-42 का जायजा लिया गया... बरसात के दौरान परमट मंदिर रोड और आसपास के इलाके जलमग्न हो जाते हैं। कई जगह सड़क और नाली का अंतर खत्म हो जाता है। दुकानों और मकानों में पानी घुस जाता है। वहीं प्राथमिक स्कूल के पास कूड़ा गाड़ी में सड़ता कचरा भी दिखाई दिया। पहले ये नजारा देखिए... बरसात आते ही बढ़ जाती है लोगों की परेशानी स्थानीय लोगों का कहना है कि बारिश शुरू होते ही परमट मंदिर रोड पर जलभराव होने लगता है। कई बार कमर तक पानी भर जाता है, जिससे लोगों का निकलना मुश्किल हो जाता है। दुकानदारों को आर्थिक नुकसान झेलना पड़ता है और घरों में पानी घुसने से आमजन परेशान रहते हैं। श्रद्धालुओं को भी उठानी पड़ती है दिक्कत बाबा आनंदेश्वर मंदिर में सावन और अन्य धार्मिक अवसरों पर हजारों श्रद्धालु पहुंचते हैं। लेकिन बारिश के दौरान मंदिर मार्ग पर जलभराव होने से लोगों को गंदे पानी से होकर गुजरना पड़ता है। स्थानीय लोगों का कहना है कि वर्षों से यह समस्या बनी हुई है। विकास और समस्याओं की दो तस्वीरें वार्ड के एक हिस्से में आधुनिक अपार्टमेंट और विकसित कॉलोनियां हैं, जबकि दूसरे हिस्से में पुराने मोहल्ले और संकरी गलियां हैं। लोगों का कहना है कि क्षेत्र का विकास तेजी से हुआ है, लेकिन जलनिकासी जैसी बुनियादी सुविधाएं उसी अनुपात में मजबूत नहीं हुईं। सफाई व्यवस्था ठीक, लेकिन सुधार की जरूरत लोगों का कहना है कि नगर निगम की ओर से नियमित कूड़ा उठान होता है, लेकिन कई बार कूड़ा समय पर नहीं उठाया जाता। इससे सड़क किनारे कचरा जमा हो जाता है और मच्छर-मक्खियों की समस्या बढ़ जाती है। सरकारी अस्पताल और बारातशाला की मांग क्षेत्रवासियों ने वार्ड में सरकारी अस्पताल खोलने की मांग की। उनका कहना है कि पहले शराब गद्दी वाली गली में सरकारी अस्पताल था, जो लंबे समय से बंद है। इसके अलावा आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों की सुविधा के लिए सार्वजनिक बारातशाला या धर्मशाला बनाने की भी मांग की गई। वार्ड की बड़ी समस्याएं जलभराव की समस्या : परमट मंदिर रोड और आसपास के इलाकों में हर साल बरसात के दौरान जलभराव हो जाता है। कई जगह घरों और दुकानों तक पानी पहुंच जाता है। सरकारी अस्पताल का अभाव : क्षेत्र में सरकारी अस्पताल नहीं होने से लोगों को इलाज के लिए दूर जाना पड़ता है। बारातशाला की जरूरत : कम आय वाले परिवारों के लिए शादी-विवाह और सामाजिक कार्यक्रम आयोजित करने हेतु सस्ती सार्वजनिक बारातशाला नहीं है। कूड़ा उठान में लापरवाही : कई बार कूड़ा समय पर नहीं उठता, जिससे गंदगी और मच्छरों की समस्या बढ़ जाती है। टूटी सड़कें : कुछ स्थानों पर सड़कें क्षतिग्रस्त हैं, जिससे आवागमन प्रभावित होता है। लोग बोले- हर साल वही हालात प्यारेलाल भारतीय ने बताया कि पीने के पानी की बेहतर व्यवस्था होनी चाहिए। कई सड़कें टूटी हैं और कूड़ा उठान भी समय पर नहीं होता। भूपेंद्र ने कहा कि बरसात में उनके घर के अंदर तक पानी भर जाता है और रहने में भारी परेशानी होती है। अवनीश त्रिपाठी ने बताया कि बारिश के दौरान मरीजों और श्रद्धालुओं दोनों को परेशानी होती है। कई बार लोगों को गंदे पानी से होकर मंदिर जाना पड़ता है। जलभराव का स्थाई समाधान चाहिए अन्नू वर्मा ने बताया कि बरसात में सड़क पर पानी भर जाता है। इसका स्थायी समाधान जरूरी है। प्रमोद ने कहा कि कई जगह कूड़ा लंबे समय तक पड़ा रहता है, जिससे मच्छर और मक्खियां बढ़ती हैं। कांती द्विवेदी ने कहा कि बारिश के दौरान उनके कमरे में पानी भर जाता है और बिस्तर तक भीग जाते हैं। पार्षद बोले- जलभराव का समाधान को किया काम वार्ड-42 के पार्षद जितेंद्र बाजपेई ने बताया कि जलभराव की समस्या के समाधान के लिए काम कराया गया है। इसके अलावा क्षेत्र में बारातशाला के निर्माण का प्रस्ताव भी दिया गया है। उन्होंने कहा कि वह नियमित रूप से क्षेत्र में लोगों के बीच रहते हैं और समस्याओं के समाधान का प्रयास करते हैं। ------------------- ये खबर भी पढ़िए… सतीश महाना का इलाका चकाचक, बाकी सब बदहाल:कानपुर के वार्ड-28 में कूड़े के ढेर और टूटी सड़कें; लोग बोले- यहां कोई सुनने वाला नहीं सतीश महाना जी वाले वार्ड में रहते हैं…। कोई पता पूछता है तो हरजेंदर नगर वार्ड के लोग ऐसे ही बताते हैं। बताएं भी क्यों न, विधानसभा अध्यक्ष के पड़ोसी होने के नाते इज्जत तो ज्यादा मिलती है। लेकिन सरकारी सुविधाओं का लाभ नहीं मिल रहा। ऐसा कहना है वार्ड के अलग-अलग हिस्सों में रहने वाले लोगों का। लोगों का कहना है- वार्ड में सिर्फ विधानसभा अध्यक्ष सतीश महाना के घर के आसपास विकास दिखता है। इसके अलावा पूरे वार्ड में सिर्फ बदहाली नजर आती है। पूरी खबर पढ़िए…
करनाल के खाटूश्याम मंदिर में आधी रात चोरों ने वारदात को अंजाम देते हुए दो दानपात्र चोरी कर लिए। बदमाश मंदिर का दरवाजा तोड़कर अंदर घुसे और वारदात को अंजाम देकर फरार हो गए। पूरी घटना सीसीटीवी कैमरों में कैद हो गई। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और फुटेज कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी। पुलिस का कहना है कि आरोपियों को जल्द गिरफ्तार किया जाएगा। सीसीटीवी में कैद हुई पूरी घटना मंदिर में लगे सीसीटीवी कैमरों में साफ दिखाई दे रहा है कि चोर बाइक पर सवार होकर आए थे। एक आरोपी ने काले रंग के कपड़े और हेलमेट पहना हुआ था, जबकि दूसरे ने लाल कपड़े पहनकर मुंह पर लाल कपड़ा लपेटा हुआ था। फुटेज में एक आरोपी सफेद कपड़े से मुंह ढके हुए दो दानपात्र उठाकर बाइक पर बैठते हुए नजर आ रहा है। सुबह पंडित ने देखा टूटा दरवाजा मंदिर प्रबंधन के अनुसार पंडित त्रिपाठी जब सुबह मंदिर पहुंचे तो उन्होंने दरवाजा टूटा हुआ देखा। अंदर जाकर देखा तो दोनों दानपात्र गायब मिले। इसके बाद उन्होंने तुरंत प्रबंधन को सूचना दी, जिसके बाद मामले की जानकारी पुलिस को दी गई। गार्ड को नहीं लगी भनक, जांच जारी मंदिर में तैनात गार्ड बालकिशन का कहना है कि वह रात के समय राउंड पर था और उसे चोरी की भनक नहीं लगी। उसे घटना की जानकारी भी पंडित त्रिपाठी से ही मिली। अब यह जांच का विषय है कि वारदात के समय गार्ड सतर्क था या नहीं। सवा लाख तक की राशि होने का अनुमान पुलिस कर्मचारी संजीत कुमार ने बताया कि चोर दो दानपात्र चोरी कर ले गए हैं। दोनों दानपात्रों में करीब सवा लाख रुपए तक की राशि होने का अनुमान है। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है और जल्द ही आरोपियों को पकड़ने का दावा किया है।
अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर पठानकोट के जिला न्यायालय परिसर में एक योग शिविर का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम जिला एवं सत्र न्यायाधीश रजनीश गर्ग के नेतृत्व में हुआ, जिसमें न्यायिक अधिकारियों, अधिवक्ताओं, न्यायालय कर्मचारियों और पैरा लीगल वालंटियर्स ने सक्रिय रूप से भाग लिया। शिविर का शुभारंभ योग गुरु मोहिनी ठाकुर ने किया। उन्होंने उपस्थित प्रतिभागियों को विभिन्न योगासन, प्राणायाम और ध्यान की विधियों का अभ्यास कराया। मोहिनी ठाकुर ने योग के महत्व पर प्रकाश डालते हुए बताया कि यह शारीरिक स्वास्थ्य के साथ-साथ मानसिक तनाव कम करने और आत्मिक शांति प्राप्त करने का प्रभावी माध्यम है। मोहिनी ठाकुर ने जोर दिया कि नियमित योगाभ्यास से शरीर स्वस्थ और रोगमुक्त रहता है। उन्होंने कहा कि योग कार्यक्षमता बढ़ाता है और सकारात्मक सोच व अनुशासित जीवनशैली अपनाने के लिए प्रेरित करता है। उन्होंने सभी से प्रतिदिन योग के लिए समय निकालने का आग्रह किया।योग को भारत की प्राचीन और अमूल्य धरोहर इस अवसर पर जिला एवं सत्र न्यायाधीश रजनीश गर्ग ने योग को भारत की प्राचीन और अमूल्य धरोहर बताया। उन्होंने कहा कि योग स्वस्थ जीवन की कुंजी है और इसे दैनिक दिनचर्या का हिस्सा बनाना चाहिए। न्यायाधीश गर्ग ने उपस्थित लोगों को नियमित योग करने और दूसरों को भी इसके प्रति जागरूक करने का संदेश दिया।कार्यक्रम में जज जूनियर डिवीजन आसदीप, जज जूनियर डिवीजन अरविंद सिंह और वरिष्ठ सहायक संजय कुमार सहित न्यायालय के अन्य अधिकारियों व कर्मचारियों ने भी हिस्सा लिया। बड़ी संख्या में अधिवक्ताओं और पैरा लीगल वालंटियर्स ने भी योगाभ्यास कर इस आयोजन को सफल बनाया।
गुरुग्राम जिले में सोहना क्षेत्र के गांव भोगपुर मंडी के निकट गुड़गांव नहर पर बने अस्थायी (टेंपरेरी) पुल पर शनिवार रात एक हादसा हो गया। पुल पार करते समय एक युवक अपनी बाइक, मां और छोटे भाई के साथ नहर में गिर गया। हादसे में युवक और उसकी मां को सुरक्षित बचा लिया गया, जबकि उसका 8 वर्षीय भाई सद्दाम की नहर में डूबने से मौत हो गई। जानकारी के अनुसार गांव भोगपुर निवासी शादाब अपनी मां तथा छोटे भाई सद्दाम को दवाई दिलाने के लिए गांव सिलानी गया था। शनिवार रात जब वह वापस अपने गांव लौट रहा था, तब गुड़गांव नहर पर बने अस्थायी पुल को बाइक से पार करते समय उसका संतुलन अचानक बिगड़ गया। संतुलन बिगड़ते ही बाइक सवार सभी लोग नहर में जा गिरे। हादसे के बाद शादाब और उसकी मां किसी तरह नहर से बाहर निकलने में सफल रहे, लेकिन 8 वर्षीय सद्दाम पानी के तेज बहाव में बह गया। परिजनों ने तत्काल उसकी तलाश शुरू की और मदद के लिए शोर मचाया। मदद नहीं मिलने का आरोप पीड़ित शादाब ने आरोप लगाया कि घटना के समय पुल निर्माण कार्य से जुड़े कुछ कर्मचारी मौके पर मौजूद थे। उसने सहायता के लिए काफी आवाज लगाई, लेकिन किसी ने मदद नहीं की और वहां से चले गए। इसके बाद आसपास के ग्रामीण मौके पर पहुंचे और पुलिस प्रशासन को सूचना दी। ग्रामीणों का कहना है इससे पहले भी किसने अस्थायी पुल की सुरक्षा की शिकायत प्रशासन को की गई थी तीन घंटे के रेस्क्यू के बाद मिला शव सूचना मिलते ही पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी घटनास्थल पर पहुंच गए। एसीपी मुकेश यादव के नेतृत्व में नहर में तलाशी अभियान चलाया गया। करीब तीन घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद सद्दाम का शव नहर की गहराई से बरामद किया गया। बताया गया कि शव नहर में गिरे एक पेड़ के नीचे दब गया था, जिसके कारण उसे बाहर निकालने में काफी कठिनाई हुई। ठेकेदार के खिलाफ लापरवाही का मामला दर्ज एसीपी मुकेश यादव ने बताया कि प्रथम दृष्टया मामले में लापरवाही सामने आने पर संबंधित ठेकेदार के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया गया है। पुलिस ने जांच शुरू कर दी है और हादसे के सभी पहलुओं की गहनता से पड़ताल की जा रही है। आठ वर्षीय मासूम सद्दाम की मौत से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। घटना के बाद गांव भोगपुर और आसपास के क्षेत्र में शोक का माहौल है।
उत्तर प्रदेश की योगी सरकार ने अंशकालिक अनुदेशक और शिक्षामित्रों को बड़ी राहत दी है। उन्हें जून महीने का मानदेय 15 दिन के बजाय पूरे महीने का मिलेगा। बलिया के जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी (BSA) मनीष कुमार सिंह ने यह जानकारी दी। उन्होंने बताया कि समग्र शिक्षा के तहत कार्यरत अनुदेशक और शिक्षामित्रों के जून व जुलाई माह के मानदेय की लिमिट राज्य परियोजना कार्यालय द्वारा जारी कर दी गई है। राज्य परियोजना कार्यालय के निर्देशों के अनुसार, अनुदेशक और शिक्षामित्रों को जून माह का मानदेय पूरे महीने का दिया जाएगा। 15 दिन की अतिरिक्त धनराशि जुलाई माह की जारी लिमिट से समायोजित की जाएगी। बीएसए ने यह भी बताया कि पूरे जून माह का मानदेय 25 जून 2026 तक अनिवार्य रूप से भुगतान कर दिया जाएगा।
बलिया में अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस का मुख्य कार्यक्रम रविवार को पुलिस लाइन परेड ग्राउंड में आयोजित किया गया। परिवहन मंत्री दयाशंकर सिंह ने दीप प्रज्वलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया। इस अवसर पर नामित नोडल साहब सिंह मौजूद रहे। इस दौरान योग प्रशिक्षकों द्वारा विभिन्न प्रकार के सामूहिक योगाभ्यास, आसन और प्राणायाम कराए गए। परिवहन मंत्री दयाशंकर सिंह ने अपने संबोधन में योग के ऐतिहासिक महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि महायोगी शिव को योग का आदि गुरु माना जाता है, जिन्होंने ईसा से 5000 वर्ष पूर्व इसकी शुरुआत की थी। भगवान कृष्ण ने इसे अपनाया और महर्षि पतंजलि ने योग को विश्व स्तर पर स्थापित किया। मंत्री ने कोरोना काल के दौरान योग की भूमिका का भी जिक्र किया। उन्होंने बताया कि महामारी के समय योग ने रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई, जिससे कोरोना जैसी बीमारियों से लड़ने में मदद मिली। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि योग का हमारे दैनिक जीवन में बहुत महत्व है और इसे नियमित रूप से अपनाना चाहिए। देखें 3 तस्वीरें… सिंह ने प्रधानमंत्री के प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि 21 जून को अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस की शुरुआत करके उन्होंने भारत के गौरव को बढ़ाया है। उन्होंने कहा कि आज भारत की योग परंपरा को पूरी दुनिया स्वीकार कर रही है। 130 देशों के राष्ट्राध्यक्षों और वैश्विक समुदाय द्वारा योग को मान्यता दिए जाने से भारत विश्वगुरु बनने की दिशा में अग्रसर है। इस कार्यक्रम में जिलाधिकारी मंगला प्रसाद सिंह, पुलिस अधीक्षक ओमवीर सिंह, मुख्य विकास अधिकारी ओजस्वी राज, एडीएम अनिल कुमार सहित अन्य जनपद स्तरीय अधिकारी और बड़ी संख्या में स्थानीय लोग उपस्थित रहे।
फादर्स डे पर वृद्धाश्रम में बुजुर्गों का सम्मान:इंडियन रेडक्रॉस सोसाइटी ने किया कार्यक्रम आयोजित
फतेहपुर में फादर्स डे के अवसर पर इंडियन रेडक्रॉस सोसाइटी और डॉ. सत्यनारायण सेवा फाउंडेशन ने मवइया स्थित वृद्धाश्रम में वृद्धजनों के सम्मान में एक कार्यक्रम आयोजित किया। यह वृद्धाश्रम समाज कल्याण विभाग द्वारा संचालित है। कार्यक्रम में इंडियन रेडक्रॉस सोसाइटी के चेयरमैन एवं कार्यकारिणी सदस्य डॉ. अनुराग श्रीवास्तव ने सभी वृद्धजनों का तिलक लगाकर स्वागत किया। उन्होंने आरती की, पुष्पवर्षा की और चरण स्पर्श कर उनका आशीर्वाद लिया। डॉ. श्रीवास्तव ने वृद्धजनों को जलेबी वितरित की और उनके उत्तम स्वास्थ्य एवं दीर्घायु की कामना की। इस दौरान डॉ. अनुराग श्रीवास्तव ने कहा कि भले ही कुछ वृद्धजन अपने बच्चों से दूर हों, लेकिन समाज उनके साथ खड़ा है और हर संभव सहयोग के लिए सदैव तत्पर रहेगा। उनके इस संदेश से वृद्धजन भावुक हो गए और उन्होंने डॉ. श्रीवास्तव को आशीर्वाद दिया। कार्यक्रम में प्रबंध समिति सदस्य उमेश कुमार श्रीवास्तव और वार्डन अशोक यादव सहित वृद्धाश्रम के सभी कर्मचारी मौजूद रहे।
मुख्यमंत्री ग्रामीण बस सेवा और डग्गामार वाहनों के संचालन को लेकर मुजफ्फजरनगर में चल रहा विवाद फिलहाल सुलझता नजर आ रहा है। शनिवार शाम नगर कोतवाली में यातायात पुलिस और परिवहन विभाग ने दोनों पक्षों के संचालकों के साथ बैठक कर उनकी समस्याएं सुनीं और संचालन व्यवस्था को लेकर अहम निर्णय लिए। बैठक में एसपी ट्रैफिक अतुल कुमार चौबे, एआरटीओ अजय मिश्रा, एआरएम सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे। ग्रामीण बस सेवा संचालकों ने रूट निर्धारित न होने, सवारी बैठाने-उतारने में आ रही परेशानियों और निजी वाहनों के कारण संचालन प्रभावित होने की शिकायत की। वहीं निजी वाहन संचालकों ने भी अपनी समस्याएं अधिकारियों के सामने रखीं। एसपी ट्रैफिक अतुल कुमार चौबे ने बताया कि दोनों पक्षों की बात सुनने के बाद आवश्यक निर्देश जारी किए गए हैं। ग्रामीण बस सेवा की बसों के लिए सवारी चढ़ाने और उतारने के स्थान स्पष्ट कर दिए गए हैं। साथ ही डग्गामार वाहनों के खिलाफ अभियान चलाकर परमिट की शर्तों के अनुसार ही संचालन सुनिश्चित कराया जाएगा, ताकि यातायात व्यवस्था भी प्रभावित न हो। निजी वाहन संचालक अमरीश त्यागी ने बताया कि जिला अस्पताल के बाहर से वाहनों के संचालन को लेकर चला आ रहा विवाद बैठक के बाद समाप्त हो गया है। वहीं ग्रामीण बस सेवा संचालक संदीप मलिक ने कहा कि अधिकारियों ने 15 दिन के रूट ट्रायल को सही माना है और अब उसी व्यवस्था के तहत बसों का संचालन किया जाएगा। हालांकि बैठक के दौरान ग्रामीण बस सेवा के कुछ संचालकों ने अपनी नाराजगी भी जताई, लेकिन प्रशासन ने भरोसा दिलाया कि शेष समस्याओं का भी जल्द समाधान किया जाएगा। अधिकारियों का कहना है कि दोनों व्यवस्थाओं के बीच संतुलन बनाकर आम यात्रियों को बेहतर और सुगम परिवहन सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी।
सीहोर स्थित प्रसिद्ध श्री विंध्यवासिनी बीजासन देवी धाम (सलकनपुर) के परिक्रमा मार्ग पर एक लग्जरी कार चलने का वीडियो सामने आया है। इस घटना ने मंदिर में फैले वीआईपी (VIP) कल्चर और प्रशासन की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े कर दिए हैं। एक तरफ जहां भीषण गर्मी में आम श्रद्धालु पत्थरों पर नंगे पैर चलकर परिक्रमा पूरी कर रहे हैं, वहीं प्रभावशाली लोगों की गाड़ियां सीधे पवित्र मार्ग पर दौड़ रही हैं। सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे वीडियो में स्पष्ट देखा जा सकता है कि एक वाहन सीधे मां के पवित्र परिक्रमा मार्ग पर चल रहा है। यह घटना श्रद्धालुओं की आस्था को ठेस पहुंचा रही है। आम भक्तों के लिए मंदिर परिसर में कड़े नियम लागू किए गए हैं। इसके बावजूद प्रभावशाली लोगों को परिक्रमा मार्ग पर गाड़ी से घूमने की विशेष छूट दिए जाने पर अब सवाल उठ रहे हैं। लोग सरकार और जिला प्रशासन से इस मामले में तत्काल कार्रवाई की मांग कर रहे हैं। पहले भी आ चुके हैं ऐसे मामले, ट्रस्ट की संवेदनहीनता उजागरसलकनपुर देवी धाम में परिक्रमा मार्ग पर वाहन ले जाने की यह कोई पहली घटना नहीं है। इससे पहले भी इसी तरह का एक मामला सामने आया था, जिस पर मीडिया ने प्रमुखता से सवाल उठाए थे। बार-बार हो रही इन घटनाओं ने मंदिर ट्रस्ट की संवेदनहीनता को उजागर कर दिया है। बार-बार आपत्ति दर्ज कराए जाने के बावजूद व्यवस्था में कोई सुधार नहीं किया गया है, जिससे श्रद्धालुओं में भारी रोष है। एसडीओपी ने कहा- पुलिस का इसमें कोई रोल नहींपरिक्रमा मार्ग पर वाहन जाने के इस पूरे विवाद पर पुलिस का पक्ष भी सामने आया है। एसडीओपी रवि शर्मा ने मामले को लेकर कहा, मुझे वायरल वीडियो के समय की सटीक जानकारी नहीं है। परिक्रमा मार्ग पर किसी भी वाहन को ले जाने की अनुमति मंदिर समिति द्वारा दी जाती है। उन्होंने स्पष्ट किया कि इस तरह की अनुमति देने में पुलिस की कोई भूमिका नहीं होती है। एसडीओपी के इस बयान के बाद अब पूरी जिम्मेदारी मंदिर समिति की कार्यप्रणाली पर आ गई है।
दतिया जिले के इंदरगढ़ थाना क्षेत्र के जोहनिया गांव में रविवार सुबह 10 बजे एक महिला द्वारा खुद को गोली मारने का सनसनीखेज मामला सामने आया है। महिला ने कथित तौर पर कट्टे से अपने पेट में गोली दाग ली। गोली शरीर के भीतर फंस गई। जिसके बाद परिजन उसे गंभीर हालत में पहले इंदरगढ़ स्वास्थ्य केंद्र और फिर जिला अस्पताल लेकर पहुंचे। यहां उसका उपचार जारी है। जानकारी के अनुसार, घायल महिला की पहचान नीलम करन पत्नी मुकेश करन निवासी जोहनिया के रूप में हुई है। रविवार सुबह करीब 10 बजे घर के भीतर गोली चलने की आवाज सुनकर परिजन मौके पर पहुंचे तो नीलम लहूलुहान हालत में मिली। आनन-फानन में उसे अस्पताल पहुंचाया गया। जिला अस्पताल के डॉक्टरों के अनुसार महिला के पेट में 315 बोर का राउंड फंसा हुआ है। प्रारंभिक जांच में गोली कट्टे से चलना सामने आया है। महिला की हालत पर डॉक्टर लगातार नजर बनाए हुए हैं। पति घर पर नहीं थाघटना के समय महिला का पति मुकेश करन घर पर नहीं था। वह खेती-किसानी के काम से बाहर गया हुआ था। जबकि बेटा और अन्य परिजन घर में मौजूद थे। फायरिंग की आवाज सुनते ही सभी लोग मौके पर पहुंचे और महिला को अस्पताल पहुंचाया। कारण स्पष्ट नहीं हो सकाइधर सूचना मिलते ही इंदरगढ़ थाना पुलिस जिला अस्पताल पहुंची और महिला के बयान लेने सहित पूरे घटनाक्रम की जांच शुरू कर दी है। फिलहाल परिजन भी यह स्पष्ट नहीं कर पा रहे हैं कि महिला ने यह कदम किन परिस्थितियों में उठाया। पुलिस आत्महत्या के प्रयास, पारिवारिक विवाद और अन्य संभावित कारणों को ध्यान में रखकर जांच कर रही है।
मेरठ के शास्त्रीनगर में सेटबैक खाली कराने के लिए आवास विकास परिषद का बुलडोजर अभियान रविवार को दूसरे दिन भी जारी रहा। सुबह से ही आवास विकास के अधिकारी पुलिस बल के साथ क्षेत्र में पहुंचे और चिन्हित संपत्तियों पर कार्रवाई शुरू कर दी। कार्रवाई के दौरान कुछ दुकानदारों और मकान मालिकों ने विरोध जताया और अधिकारियों से बहस भी की। हालांकि पुलिस बल की मौजूदगी में अभियान बिना किसी बाधा के जारी रहा। अधिकारियों का कहना है कि कार्रवाई से पहले सभी संबंधित संपत्ति स्वामियों को नोटिस जारी किए गए थे। उन्हें स्वयं सेटबैक खाली करने का पर्याप्त समय भी दिया गया था। इससे पहले शनिवार को करीब 12 भूखंडों पर कार्रवाई की गई थी, जबकि दो संपत्ति स्वामियों को स्वयं अतिक्रमण हटाने के लिए तीन दिन का समय दिया गया था। 860 संपत्तियों पर होगी कार्रवाई अधिशासी अभियंता अभिषेक राज ने बताया कि यह अभियान 860 संपत्तियों से जुड़ा है। उन्होंने कहा कि जब तक सभी चिन्हित स्थानों पर सेटबैक खाली नहीं करा लिया जाता, तब तक यह अभियान लगातार जारी रहेगा। 14 जुलाई को सुनवाई इस पूरे प्रकरण में 14 जुलाई को सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई होनी है जिसमें सेटबैक छोड़ने की रिपोर्ट आवास विकास की ओर से रिपोर्ट दाखिल की जानी है। इसलिए आवास विकास अब जिन्होंने खुद से सेटबैक नहीं छोड़ा है उनके खिलाफ यह बुलडोजर एक्शन कर रहा है। सेक्टर 2 में जारी धरना बुलडोजर कार्रवाई के दौरान भी सेक्टर दो और सेक्टर तीन चार में महिलाओं का धरना लगातार जारी है उनका कहना है कि हम सेटबैक नहीं छोड़ेंगे और जब तक हमें न्याय नहीं मिलता इसी प्रकार धरने पर बैठे रहेंगे वहीं आज से सेक्टर 2 की महिलाएं एक हफ्ते तक लगातार धरना स्थल पर सुंदरकांड भी करेंगी
लोंगवाला में 7 युवक गिरफ्तार, 6 बाइक जब्त:पुरानी रंजिश को लेकर 2 पक्षों के बीच बनी थी तनाव की स्थिति
हनुमानगढ़ जिले में गोलूवाला क्षेत्र के गांव लोंगवाला में शनिवार देर रात 7 युवकों को गिरफ्तार किया गया। पुलिस की त्वरित कार्रवाई से पुरानी रंजिश के चलते उत्पन्न होने वाला एक बड़ा विवाद टल गया। पुलिस के अनुसार पुरानी रंजिश को लेकर 2 पक्षों के बीच तनाव की स्थिति बन गई थी। इस मामले में परमिन्द्र सिंह (18) निवासी डबली राठान, सुभाष (24) निवासी गोलूवाला सिहागान, दीपक (20) निवासी गोलूवाला, मनोज (21) निवासी गोलूवाला सिहागान, सुशील (22) निवासी गोलूवाला सिहागान, संदीप (20) निवासी गोलूवाला सिहागान और चन्द्रभान (21) निवासी अयालकी को शांति भंग की आशंका में गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने 6 बाइक भी जब्त की हैं। दो पक्षों के बीच आपसी टकराव की थी सूचनाशनिवार शाम को गोलूवाला में दो पक्षों के बीच आपसी टकराव के वीडियो सोशल मीडिया पर सामने आए थे। इसके बाद गांव लोंगवाला में बड़ी संख्या में लोगों के एकत्रित होने और विवाद की सूचना पुलिस को मिली, जिससे स्थिति गंभीर हो गई। सूचना मिलते ही पुलिस प्रशासन तुरंत सक्रिय हो गया। सीओ सिटी मीनाक्षी के नेतृत्व में गोलूवाला थानाधिकारी तेजवंत सिंह, सदर थानाधिकारी राकेश सांखला और पीलीबंगा थानाधिकारी जगदीश कड़वासरा पुलिस बल तथा आरएसी जाब्ते के साथ मौके पर पहुंचे। शांति भंग की आशंका में 7 युवकों को पकड़ापुलिस के पहुंचते ही मौके पर मौजूद लोग इधर-उधर भागने लगे। पुलिस ने स्थिति को नियंत्रित करते हुए क्षेत्र में सघन तलाशी अभियान चलाया। इस कार्रवाई के दौरान शांति भंग की आशंका में सात युवकों को हिरासत में लेकर धारा 170 बीएनएसएस के तहत गिरफ्तार किया गया। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि दो पक्षों के बीच लंबे समय से तनाव चला आ रहा था, जो शनिवार को फिर उभर आया। हालांकि, पुलिस की समय रहते की गई कार्रवाई से कोई अप्रिय घटना नहीं हुई। अधिकारियों ने यह भी कहा कि कानून-व्यवस्था भंग करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी और क्षेत्र में शांति बनाए रखने के लिए निगरानी जारी रहेगी।
प्रयागराज के करेली में रविवार सुबह लूट की घटना से हड़कंप मच गया। एयरपोर्ट थाना क्षेत्र के रहने वाले एक मजदूर ने आरोप लगाया है कि तीन बदमाशों ने उसकी बाइक में टक्कर मारकर उसके साथ मारपीट की और 42 हजार रुपये समेत दो मोबाइल फोन लूट लिए। हालांकि पुलिस का कहना है कि पीड़ित के बयान बार-बार बदल रहे हैं, जिसके चलते पूरे मामले की गहन जांच की जा रही है। पुलिस आसपास के सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही है और हर पहलू पर पड़ताल कर रही है।पशु मेले में जाने के लिए निकला था मजदूरएयरपोर्ट थाना क्षेत्र निवासी मिथिलेश मजदूरी करता है। उसका रिश्तेदार शालू पशुओं का कारोबार करता है। रविवार को महेवा घाट में लगने वाले पशु मेले में जाने के लिए मिथिलेश सुबह घर से निकला था।मिथिलेश के अनुसार, करीब तीन बजे शालू का फोन आया। उसने बताया कि कुछ रुपये घर पर रखे हैं, जिन्हें लेकर महेवा घाट पहुंचाना है। इसके बाद सुबह करीब 4:20 बजे फिर बातचीत हुई, जिसमें मिथिलेश ने बताया कि वह थोड़ी देर में पहुंच रहा है।रिश्तेदार के घर से लिए थे 42 हजार रुपयेमिथिलेश का कहना है कि वह शालू के घर पहुंचा और वहां से 42 हजार रुपये लेकर महेवा घाट के लिए रवाना हो गया। सुबह करीब पांच बजे वह करेली थाना क्षेत्र के करेलबाग स्थित मदारीपुर इलाके में पहुंचा था।इसी दौरान उसके साथ लूट की वारदात हुई।बाइक में टक्कर मारकर की मारपीटपीड़ित के मुताबिक, रास्ते में तीन लोगों ने उसकी बाइक में जबरन टक्कर मार दी। इसके बाद आरोपी गाली-गलौज करने लगे। विरोध करने पर उन्होंने उसके साथ मारपीट शुरू कर दी।मिथिलेश का आरोप है कि आरोपियों के पास असलहे भी थे, जिसके कारण वह डर गया और विरोध नहीं कर सका।500 मीटर तक खदेड़ने के बाद लूटे रुपये और मोबाइलमिथिलेश ने पुलिस को बताया कि आरोपी उसे करीब 500 मीटर तक खदेड़ते रहे। इसके बाद उन्होंने उसके दोनों मोबाइल फोन छीन लिए और उसकी पैंट की जेब में रखे 42 हजार रुपये निकाल लिए। वारदात के बाद आरोपी उसे धमकाते हुए मौके से फरार हो गए। घटना की सूचना मिलते ही करेली पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू कर दी।एसओजी को भी लगाया गया जांच मेंमामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप (एसओजी) को भी जांच में शामिल किया। वहीं पशु व्यापारी शालू को भी पूछताछ के लिए बुलाया गया ताकि रुपये और उनके लेन-देन से जुड़े तथ्यों की पुष्टि की जा सके।पुलिस घटनास्थल और आसपास के क्षेत्रों में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रही है।सीसीटीवी फुटेज से बढ़ा पुलिस का संदेहपुलिस सूत्रों के अनुसार, जांच के दौरान मिले एक सीसीटीवी फुटेज में मिथिलेश किसी से फोन पर बातचीत करते हुए जाता दिखाई दे रहा है। इसके अलावा पूछताछ में उसके बयान भी एक जैसे नहीं मिले हैं।इसी वजह से पुलिस लूट की घटना के साथ-साथ अन्य संभावित पहलुओं की भी जांच कर रही है।क्या बोले थानाध्यक्ष करेली थानाध्यक्ष आशीष सिंह ने बताया कि पीड़ित लगातार अलग-अलग बयान दे रहा है। ऐसे में पूरे मामले की गहन जांच की जा रही है। आसपास के सीसीटीवी फुटेज खंगाले जा रहे हैं और सभी तथ्यों का सत्यापन किया जा रहा है। जांच के बाद ही घटना की वास्तविकता स्पष्ट हो सकेगी।
टोंक में रविवार को 12वें अंतरराष्ट्रीय योग दिवस पर जिला स्तरीय समारोह पुलिस लाइन परेड ग्राउंड में आयोजित हुआ। जिला प्रशासन और आयुष विभाग के संयुक्त तत्वावधान में हुए कार्यक्रम में जलदाय मंत्री कन्हैयालाल चौधरी, कलेक्टर टीना डाबी, एसपी रोशन मीना सहित जनप्रतिनिधियों, अधिकारियों और बड़ी संख्या में आमजन ने योगाभ्यास किया। इस दौरान मंत्री चौधरी ने लोगों को स्वस्थ रहने के लिए नियमित योग करने और स्वच्छता अपनाने की शपथ भी दिलाई। वहीं पूर्व विधायक अजीत सिंह मेहता ने योग के बाद गहलोद पुल पर पैदल निरीक्षण कर पौधारोपण किया। दूसरी ओर ब्रह्माकुमारी अपर्णा दीदी ने राजयोग का महत्व बताते हुए इसे जीवन में संतुलन का माध्यम बताया। शहर के अलग-अलग स्थानों पर भी सामूहिक योग कार्यक्रम हुए। फोटोज में देखें… मंत्री बोले- स्वस्थ रहने के लिए योग जरूरी जलदाय मंत्री कन्हैयालाल चौधरी ने मीडिया से बातचीत में कहा कि योग हजारों-लाखों साल पुरानी परंपरा है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की पहल के बाद 21 जून को विश्व योग दिवस के रूप में मनाया जाने लगा। इसका उद्देश्य लोगों को योग से जोड़े रखना है। उन्होंने कहा कि स्वस्थ रहने, जागरूक रहने और देश के प्रति अपनी जिम्मेदारी निभाने के लिए योग जरूरी है। योग के माध्यम से तन और मन दोनों स्वस्थ रहते हैं। मंत्री ने कहा कि आज की भागदौड़ भरी जिंदगी में लोगों और परिवारों में कई तरह की बीमारियां बढ़ रही हैं। इनसे बचने के लिए योग बहुत जरूरी है। उन्होंने यह भी कहा कि योग के साथ स्वच्छता भी जरूरी है। यदि वातावरण स्वच्छ नहीं रहेगा तो लोग बीमार पड़ेंगे। इसलिए सभी को स्वच्छता अपनानी चाहिए। गहलोद पुल पर तीन किमी पैदल चले पूर्व विधायक टोंक के पूर्व जिलाध्यक्ष और पूर्व विधायक अजीत मेहता ने योग कार्यक्रम के बाद कार्यकर्ताओं के साथ बनास नदी पर बने करीब तीन किमी लंबे गहलोद पुल पर मॉर्निंग वॉक करते हुए निरीक्षण किया। इसके बाद प्रधानमंत्री के आह्वान पर एक पेड़ मां के नाम पौधारोपण भी किया। मेहता ने कहा कि जितना योग स्वास्थ्य के लिए जरूरी है, उतना ही प्रकृति का संरक्षण भी जरूरी है। उन्होंने कहा कि पेड़-पौधे बचेंगे तभी लोग स्वस्थ रह सकेंगे। गहलोद पुल को लेकर उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री ने टोंक के लोगों की भावना को ध्यान में रखते हुए राजस्थान के सबसे लंबे पुलों में शामिल इस पुल का निर्माण करवाया है, जिससे सैकड़ों गांवों के हजारों लोगों को फायदा मिल रहा है। कलेक्टर और एसपी ने भी किया योगाभ्यास अंतरराष्ट्रीय योग दिवस पर सवाई माधोपुर चौराहा स्थित नेहरू गार्डन में स्वस्थ आयु के लिए योग थीम पर सामूहिक योगाभ्यास कार्यक्रम हुआ। इसमें प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्व विद्यालय शाखा टोंक, श्री व्यापार संघ जवाहर बाजार, भारत विकास परिषद, एयू स्मॉल फाइनेंस बैंक, माय भारत टोंक, इशु गिटार क्लासेज, विवेकानंद पब्लिक स्कूल, हार्टफुलनेस संस्था, जैन सोशल ग्रुप सहित कई संस्थाओं ने भाग लिया। सभी प्रतिभागियों ने योग को दैनिक जीवन का हिस्सा बनाने का संकल्प लिया। योग दिवस कार्यक्रम में कलेक्टर टीना डाबी और एसपी रोशन मीना ने भी लोगों के साथ योगाभ्यास किया। एसपी रोशन मीना ने कहा कि योग दिवस मनाने का उद्देश्य लोगों को शारीरिक, मानसिक और आध्यात्मिक रूप से स्वस्थ बनाना है। उन्होंने कहा कि नियमित योग करने से व्यक्ति स्वस्थ रहता है और उम्र का असर भी कम महसूस होता है। इस मौके पर टोंक के पूर्व विधायक अजीत सिंह मेहता ने कहा कि योग जीवन की जरूरी दिनचर्या है और इसे नियमित रूप से करना चाहिए। योग से लोग शारीरिक और मानसिक रूप से स्वस्थ रहते हैं। ब्रह्माकुमारी अपर्णा दीदी ने बताया राजयोग का महत्व ब्रह्माकुमारी सेवा केंद्र टोंक की प्रभारी ब्रह्माकुमारी अपर्णा दीदी ने कहा कि राजयोग तन को स्वस्थ, मन को शक्तिशाली और जीवन को संतुलित बनाता है। उन्होंने कहा कि यह आत्मा का परमात्मा से आध्यात्मिक संबंध स्थापित करने का श्रेष्ठ माध्यम है। राजयोग के नियमित अभ्यास से जीवन में स्थिरता आती है और व्यक्ति मन, वाणी और कर्म में संतुलन बना पाता है। अष्टांग योग और प्राणायाम की दी जानकारी श्री व्यापार संघ जवाहर बाजार टोंक के अध्यक्ष और योग प्रशिक्षक दिनेश गुप्ता ने प्रतिभागियों को महर्षि पतंजलि के अष्टांग योग का अभ्यास कराया। उन्होंने योगासन, प्राणायाम और ध्यान के शारीरिक, मानसिक और आध्यात्मिक लाभों की विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने कहा कि नियमित योगाभ्यास व्यक्ति को रोगमुक्त, ऊर्जावान और सकारात्मक बनाता है। इस दौरान माय भारत टोंक की जिला युवा समन्वयक संतोष चौहान, भारत विकास परिषद शाखा टोंक के अध्यक्ष रमेश काला सहित कई लोग मौजूद रहे।
धौलपुर शहर में यातायात व्यवस्था को सुगम और सुरक्षित बनाने के उद्देश्य से यातायात पुलिस ने विशेष अभियान चलाया। इस दौरान नो पार्किंग क्षेत्रों में खड़े वाहनों के खिलाफ कार्रवाई की गई। शहर के प्रमुख बाजारों और व्यस्त मार्गों का निरीक्षण कर यातायात में बाधा उत्पन्न कर रहे वाहनों को क्रेन की सहायता से हटाया गया। यातायात प्रभारी बलविंदर सिंह के नेतृत्व में यह अभियान चलाया गया। अभियान के तहत करीब आधा दर्जन से अधिक वाहन चालकों के विरुद्ध मोटर वाहन अधिनियम के तहत कार्रवाई की गई।यातायात प्रभारी ने बताया कि मुख्य बाजारों और व्यावसायिक क्षेत्रों में सड़क किनारे अव्यवस्थित रूप से वाहन खड़े होने से आमजन, व्यापारियों और राहगीरों को आवागमन में परेशानी होती है। इसी समस्या को देखते हुए यातायात व्यवस्था को सुचारू बनाए रखने के लिए यह अभियान शुरू किया गया।
बिलासपुर में केंद्रीय राज्य मंत्री तोखन साहू ने नगर पालिका के सीएमओ अमरेश सिंह को फटकार लगाई। केंद्र सरकार के 12 सालों की उपलब्धियों पर आधारित कार्यक्रम के दौरान में जनप्रतिनिधियों को कार्यक्रम में आमंत्रित नहीं किए जाने और विकास कार्यों में देरी को लेकर उन्होंने नाराजगी जताई। तोखन साहू ने कहा कि इतनी शिकायतें मिल रही हैं यहां, आपने किसी को बताया नहीं। मैं तो अपने से आया हूं, आप बुलाए नहीं हैं। विधायक जी को बुलाना चाहिए था, सभी पार्षद और अध्यक्ष को बुलाना चाहिए था, लेकिन आपने किसी को बुलाया ही नहीं। उन्होंने कहा कि जनप्रतिनिधियों का सम्मान होना चाहिए और प्रशासन की जिम्मेदारी है कि प्रोटोकॉल का पूरी तरह पालन करें। तखतपुर नगर पालिका में था कार्यक्रम दरअसल, शनिवार को तखतपुर नगर पालिका में केंद्र सरकार के 12 वर्षों की उपलब्धियों पर आधारित एक कार्यक्रम आयोजित किया गया था। कार्यक्रम में पहुंचने के बाद केंद्रीय राज्य मंत्री तोखन साहू को जानकारी मिली कि केंद्र सरकार के कार्यक्रम के लिए न तो उन्हें और न ही स्थानीय विधायक, नगर पालिका अध्यक्ष और पार्षदों को विधिवत आमंत्रित किया गया था। इस पर उन्होंने मंच से ही सीएमओ अमरेश सिंह को बुलाकर नाराजगी जाहिर की। उन्होंने नगर पालिका क्षेत्र में चल रहे विकास कार्यों की प्रगति पर भी सवाल उठाए। तोखन साहू ने पूछा कि मंच निर्माण के लिए 25 लाख रुपए स्वीकृत किए गए थे, फिर अब तक निर्माण कार्य पूरा क्यों नहीं हुआ। उन्होंने कहा, “जब मैं पैसा दिया हूं और वही काम नहीं हो पाया है, तो बाकी विभाग कैसे चलता होगा?” तोखन साहू ने अधिकारियों को चेतावनी देते हुए कहा कि सभी विकास कार्य निर्धारित समय-सीमा में पूरे किए जाएं, अन्यथा कार्रवाई के लिए तैयार रहें। 43 सेकेंड का वीडियो वायरल कार्यक्रम के बाद मंत्री की नाराजगी का 43 सेकेंड का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गया। इससे पहले भी केंद्रीय राज्य मंत्री तोखन साहू बिजली संकट समेत अन्य मुद्दों को लेकर अधिकारियों के प्रति नाराजगी जता चुके हैं।
विदिशा में अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर पुलिस परेड ग्राउंड में एक सामूहिक योग कार्यक्रम आयोजित किया गया। इसका उद्देश्य योग को जन-जन तक पहुंचाना और स्वस्थ जीवनशैली को बढ़ावा देना था। इस कार्यक्रम में जनप्रतिनिधि, प्रशासनिक अधिकारी, कर्मचारी, विद्यार्थी और आम नागरिक बड़ी संख्या में शामिल हुए। सभी ने योगाभ्यास कर निरोगी जीवन का संदेश दिया। कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि विधायक मुकेश टंडन ने दीप प्रज्वलन और योग सत्र में भाग लेकर किया। योग प्रशिक्षकों के मार्गदर्शन में उपस्थित सभी लोगों ने प्राणायाम, ध्यान और विभिन्न योगासन किए। इस दौरान पूरे परिसर में सकारात्मक ऊर्जा और अनुशासित माहौल बना रहा। विधायक बोले- योग भारत की प्राचीन संस्कृति कार्यक्रम को संबोधित करते हुए विधायक मुकेश टंडन ने योग के महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि योग भारत की प्राचीन संस्कृति और ज्ञान परंपरा का अभिन्न अंग है, जिसे आज वैश्विक स्तर पर पहचान मिली है। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के प्रयासों की सराहना की, जिनके कारण संयुक्त राष्ट्र ने योग दिवस को अंतर्राष्ट्रीय मान्यता दी। विधायक टंडन ने आगे कहा कि वर्तमान जीवनशैली में बढ़ते मानसिक तनाव और स्वास्थ्य चुनौतियों के बीच योग एक प्रभावी समाधान है। यह न केवल शारीरिक स्वास्थ्य में सुधार करता है, बल्कि मानसिक शांति और सकारात्मक सोच को भी बढ़ावा देता है। उन्होंने नागरिकों से योग को अपनी दैनिक दिनचर्या का हिस्सा बनाने का आग्रह करते हुए कहा, योग करें और निरोग रहें। इस अवसर पर कलेक्टर अंशुल गुप्ता, पुलिस अधीक्षक रोहित काशवानी, जिला पंचायत सीईओ और विभिन्न विभागों के अधिकारी-कर्मचारी भी उपस्थित थे। इन अधिकारियों ने भी नागरिकों के साथ योगाभ्यास किया और स्वस्थ समाज के निर्माण का संदेश दिया। नियमित योग से दिमाग संतुलित रहता हैयोग प्रशिक्षक शंकर दयाल दुबे ने कार्यक्रम में योग के वैज्ञानिक और व्यावहारिक महत्व पर जानकारी दी। उन्होंने बताया कि वे एक एडवांस योग ट्रेनर हैं और लंबे समय से योग प्रशिक्षण से जुड़े हुए हैं। उन्होंने कहा कि नियमित योग करने से शरीर में लचीलापन बढ़ता है, रोग प्रतिरोधक क्षमता मजबूत होती है और व्यक्ति मानसिक रूप से अधिक संतुलित रहता है। योग हमें अनुशासन, धैर्य और आत्मनियंत्रण भी सिखाता है। उन्होंने बताया कि आज की भागदौड़ भरी जीवनशैली में प्रतिदिन कुछ समय योग के लिए निकालना आवश्यक है। यदि बच्चे, युवा और बुजुर्ग नियमित रूप से योग अपनाएं तो कई स्वास्थ्य समस्याओं से बचा जा सकता है। कार्यक्रम के समापन पर उपस्थित सभी लोगों ने नियमित योग करने, परिवार और समाज में योग के प्रति जागरूकता फैलाने तथा स्वस्थ जीवनशैली अपनाने का संकल्प लिया। पूरे आयोजन के दौरान प्रशासन द्वारा व्यवस्थाएं सुनिश्चित की गईं और कार्यक्रम शांतिपूर्ण एवं व्यवस्थित रूप से संपन्न हुआ।
12वें अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर जोधपुर में सम्राट अशोक उद्यान में जिला स्तरीय योग कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में मंत्री और प्रशासनिक अधिकारी शामिल हुए। स्वस्थ जीवन का संदेश दिया। शिक्षा एवं प्रभारी मंत्री मदन दिलावर ने कहा- हमें नियमित रूप से योग करना चाहिए, जिससे सभी लोग निरोगी रह सकें। इस अवसर पर मैं प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को भी बधाई देना चाहता हूं, जिन्होंने पूरे विश्व को योगमय बना दिया है। योग स्वस्थ मस्तिष्क देता है। सही सोचने की शक्ति देने के साथ ही विकारों को दूर रखता है। देखें समारोह की फोटो.. योग अपनाने से रहती हैं शरीर स्वस्थ, मन प्रसन्न और भावनाएं संतुलित इस दौरान कैबिनेट मंत्री जोगाराम पटेल ने कहा- योग को अपनाने से शरीर स्वस्थ, मन प्रसन्न और भावनाएं संतुलित रहती हैं। जो व्यक्ति नियमित रूप से योग करता है, वह शारीरिक और मानसिक रूप से अधिक सक्षम बनता है। पटेल ने प्रदेशवासियों से आह्वान किया कि वे योग को अपने दैनिक जीवन और नियमित काम का हिस्सा बनाएं। उन्होंने कहा- प्रतिदिन योग करने से व्यक्ति स्वयं को स्वस्थ, मस्त और ऊर्जावान रख सकता है। स्वस्थ नागरिक ही देश और प्रदेश के विकास में प्रभावी भागीदारी निभा सकते हैं। उन्होंने सभी लोगों को अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस की शुभकामनाएं देते हुए योग के प्रति जागरूकता बढ़ाने और इसे लोगों तक पहुंचाने का संदेश दिया। साथ ही कहा कि आइए, हम सभी योग को अपनी दिनचर्या में शामिल कर स्वस्थ जीवन की ओर कदम बढ़ाएं। योग को बनाए दिनचर्या का हिस्सा अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर मंत्री अविनाश गहलोत ने कहा- योग केवल एक दिन मनाए जाने वाला कार्यक्रम नहीं है, बल्कि इसे पूरे साल और जीवनभर की दैनिक दिनचर्या का हिस्सा बनाया जाना चाहिए। योग भारत की प्राचीन और वैज्ञानिक जीवन पद्धति है, जो व्यक्ति को शारीरिक, मानसिक और आध्यात्मिक रूप से स्वस्थ बनाने का कार्य करती है। अविनाश गहलोत ने कहा- प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में योग को वैश्विक पहचान मिली है। 11 दिसंबर 2014 को संयुक्त राष्ट्र महासभा में 170 से अधिक देशों ने अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के प्रस्ताव का समर्थन किया था। इसके बाद 21 जून को पूरे विश्व में अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस मनाया जाने लगा। आज दुनिया के करोड़ों लोग योग से जुड़कर स्वस्थ जीवन की ओर अग्रसर हो रहे हैं। उन्होंने कहा- प्रधानमंत्री मोदी का संदेश स्पष्ट है कि योग भारत की प्राचीन धरोहर है। यदि प्रत्येक व्यक्ति इसे अपनी दिनचर्या में शामिल करें तो उसे स्वस्थ शरीर, स्वस्थ मस्तिष्क और संतुलित जीवन प्राप्त हो सकता है। योग व्यक्ति के सर्वांगीण विकास में सहायक है। उसे एक बेहतर इंसान तथा जिम्मेदार नागरिक बनाता है। अविनाश गहलोत ने कहा- स्वस्थ नागरिक ही किसी भी प्रदेश और देश के विकास की मजबूत नींव होते हैं। इसलिए प्रत्येक व्यक्ति को प्रतिदिन योग करने का संकल्प लेना चाहिए। ये रहे मौजूद कार्यक्रम में शिक्षा एवं जिला प्रभारी मंत्री मदन दिलावर, राज्य सरकार में कैबिनेट मंत्री जोगाराम पटेल, अविनाश गहलोत, पाली सांसद पीपी चौधरी, राज्यसभा सांसद राजेंद्र गहलोत, पूर्व सांसद रामनारायण डूडी ,जसवंत सिंह बिश्नोई, नारायण पंचारिया, जिला कलेक्टर आलोक रंजन सहित विभिन्न अधिकारी और शामिल हो रहे हैं।
पठानकोट के सिंबल चौक स्थित मोहल्ला दो सड़कां में महिला चोर गिरोह ने एक बार फिर चोरी का प्रयास किया। इस बार महिला चोरों ने एक भारी-भरकम साइन बोर्ड को उखाड़ने की कोशिश की, लेकिन मोहल्ले के युवकों की सतर्कता के कारण वे अपने मंसूबों में कामयाब नहीं हो सके और मौके से फरार हो गई। दुकानदार दविंदर शर्मा और दिनेश ने बताया कि सुबह कुछ महिलाएं मोहल्ले के प्रवेशद्वार पर लगे साइन बोर्ड को उखाड़ रही थीं। जब उनकी नजर इन महिलाओं पर पड़ी, तो वे घबराकर भाग निकलीं। स्थानीय लोगों ने जांच की तो पाया कि बोर्ड लगभग पूरी तरह उखड़ चुका था और केवल एक किनारा ही जमीन में धंसा था। कुछ दिनों से क्षेत्र में सक्रिय है गिरोह प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, यह महिला गिरोह पिछले कुछ दिनों से क्षेत्र में सक्रिय है। कुछ दिन पहले भी रेडीमेड गारमेंट्स के एक शोरूम का शटर तोड़कर चोरी की वारदात को अंजाम दिया गया था, जिसका मामला अभी तक अनसुलझा है। इन घटनाओं से इलाके के दुकानदारों और निवासियों में डर और असुरक्षा का माहौल है। लोगों का कहना है कि यदि इन चोर गिरोहों पर समय रहते कार्रवाई नहीं की गई, तो भविष्य में दुकानें और घर भी निशाना बन सकते हैं। सुबह के समय पुलिस गश्त बढ़ाने की मांग क्षेत्रवासियों ने पठानकोट पुलिस से मांग की है कि इलाके में, विशेषकर सुबह के समय, पुलिस गश्त बढ़ाई जाए। उन्होंने सक्रिय चोर गिरोहों की पहचान कर उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई करने की अपील की है, ताकि ऐसी घटनाओं पर अंकुश लगाया जा सके।
किशनगंज के ठाकुरगंज प्रखंड की पेटशरी पंचायत से एक चौंकाने वाला वीडियो सामने आया है, जो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। इस वीडियो में ग्रामीण एक मृत व्यक्ति के जनाजे को कंधों पर उठाकर पानी से लबालब भरे रास्ते और तेज बहाव के बीच कब्रिस्तान ले जाते दिख रहे हैं। यह दृश्य क्षेत्र में बुनियादी सुविधाओं की बदहाली और विकास के दावों पर गंभीर सवाल खड़े कर रहा है। पुल और संपर्क मार्ग पानी में डूबा बताया गया है कि मूसलाधार बारिश के कारण इलाके में जलजमाव और बाढ़ जैसी स्थिति बन गई थी। कब्रिस्तान तक जाने वाला पुल और संपर्क मार्ग पूरी तरह पानी में डूब गया। इसी दौरान गांव में एक व्यक्ति की मृत्यु हो गई, जिसके बाद परिजनों और ग्रामीणों के सामने शव को कब्रिस्तान तक पहुंचाने की बड़ी चुनौती आ गई। वायरल वीडियो में साफ देखा जा सकता है कि ग्रामीण अपनी जान जोखिम में डालकर जनाजे को कंधों पर उठाए पानी के तेज बहाव के बीच से गुजर रहे हैं। रास्ते में फिसलन और दुर्घटना का गंभीर खतरा होने के बावजूद ग्रामीणों ने हिम्मत नहीं हारी और मृतक के अंतिम संस्कार की जिम्मेदारी पूरी की। बारिश में आवागमन पूरी तरह बाधित स्थानीय लोगों के अनुसार, बरसात के मौसम में यह समस्या हर साल उत्पन्न होती है। भारी बारिश के दौरान सड़क और पुल जलमग्न हो जाते हैं, जिससे आवागमन पूरी तरह बाधित हो जाता है। ग्रामीणों का आरोप है कि जनप्रतिनिधि और प्रशासन वर्षों से विकास के दावे करते रहे हैं, लेकिन क्षेत्र की मूलभूत समस्याओं का स्थायी समाधान आज तक नहीं हो सका है। इस वायरल वीडियो को लेकर सोशल मीडिया पर भी लोगों की तीखी प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं। कई यूजर्स इसे ग्रामीण क्षेत्रों में बदहाल बुनियादी ढांचे का स्पष्ट उदाहरण बता रहे हैं। ग्रामीणों ने प्रशासन और जनप्रतिनिधियों से इस समस्या को गंभीरता से लेते हुए स्थायी पुल और सुरक्षित संपर्क मार्ग की व्यवस्था करने की मांग की है, ताकि भविष्य में किसी को भी अंतिम संस्कार के लिए जान जोखिम में न डालनी पड़े।
नगर निगम के वार्ड संख्या-99 बंधू कच्ची बाग में सीवर की समस्या 20 साल पुरानी हो चुकी है। बारिश के दौरान सड़कों पर समंदर नजर आता है, जिसमें विकास के वादे तैरते दिखाई पड़ते हैं। घरों के नलों से साफ पानी नहीं, बल्कि सीवर मिला बदबूदार पानी निकल रहा है। लोग मजबूरी में अपने पैसों से समर्सिबल लगाकर प्यास बुझा रहे हैं। जिम्मेदारों के पास अब भी सिर्फ आश्वासन हैं। दैनिक भास्कर की 'वार्ड परिक्रमा' में स्थानीय लोगों ने विकास के दावों की पोल खोली। कहा कि सरकारों और नगर निगम को पत्र लिख-लिखकर हार गए, लेकिन हालात नहीं सुधरे। दैनिक भास्कर न्यूज एप पर वार्ड परिक्रमा अभियान चल रहा है। इसी कड़ी में वार्ड-99 का जायजा लिया गया... सबसे बड़ी समस्या जलभराव और जाम सीवर वार्ड में सीवर व्यवस्था बदहाल है। अधिकांश स्थानों पर सीवर जाम हैं और पानी की निकासी बेहद धीमी है। बारिश के दौरान हालात और बिगड़ जाते हैं। कई इलाकों में कमर तक पानी भर जाता है और घरों व दुकानों तक पानी पहुंच जाता है। स्थानीय लोगों का कहना है कि वर्षों से शिकायतों के बावजूद स्थायी समाधान नहीं निकाला गया। पहले ये नजारा देखिए… सड़कें बेहतर, पानी और सीवर बने मुसीबत वार्ड संख्या-99 के 10 मोहल्लों का जायजा लेने पर सड़कों और खड़ंजों की स्थिति अपेक्षाकृत बेहतर मिली। कई जगह नए निर्माण कार्य भी चल रहे हैं और स्थानीय लोगों ने भी सड़क संबंधी बड़ी शिकायत नहीं की। हालांकि राहत यहीं खत्म हो जाती है। पेयजल और सीवर की समस्याएं लगभग पूरे वार्ड की सबसे बड़ी चुनौती बन चुकी हैं। बंधू कच्चीबाग के मुख्य इलाके में हजारों लोग दूषित पानी की समस्या से जूझ रहे हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि शिकायतों के बाद अब जाकर पाइप लाइन बदलने का काम शुरू हुआ है, लेकिन तीन साल तक कोई कार्रवाई नहीं हुई। कई परिवारों ने मिलकर निजी समर्सिबल लगवाए हैं ताकि साफ पानी मिल सके। स्ट्रीट लाइट व्यवस्था संतोषजनक वार्ड के हंसतल्ला, अमियाटोला, धनेसरा, बंधू कच्चीबाग और आजाद पार्क सहित अधिकांश इलाकों में स्ट्रीट लाइट की व्यवस्था दुरुस्त मिली। लोगों ने माना कि इस मामले में नगर निगम की व्यवस्था ठीक है और रात में रोशनी की कोई बड़ी समस्या नहीं है। वार्ड की बड़ी समस्याएं दूषित पेयजल: बंधू कच्चीबाग सहित कई इलाकों में सीवर मिला बदबूदार पानी सप्लाई होने की शिकायत है। हजारों लोग प्रभावित हैं। जलभराव: आजाद पार्क और आसपास के क्षेत्रों में थोड़ी बारिश के बाद घंटों तक पानी भरा रहता है। कई जगह कमर तक पानी लग जाता है। पुरानी सीवर लाइन: करीब 40 साल पुरानी सीवर लाइन जर्जर हो चुकी है, जिससे जल निकासी और पेयजल दोनों प्रभावित हो रहे हैं। दुर्गन्ध और कूड़ा प्रबंधन: धनेसरा इलाके में कूड़ा कंपैक्टर मशीन और गाड़ियों के कारण दुर्गन्ध की समस्या बनी रहती है। खेल सुविधाओं का अभाव: युवाओं के लिए पार्क और स्टेडियम जैसी सुविधाओं की कमी महसूस की जा रही है। लोगों ने खोली समस्याओं की परतें गफ्फार जमील ने आरोप लगाया कि 40 साल पहले बनी सीवर लाइन के बाद कभी बड़ा सुधार नहीं हुआ। आज भी पूरे इलाके में गंदा पानी और जलभराव की समस्या बनी हुई है। बसनिया मोहल्ले के इमरान अहमद ने बताया कि पांच साल से दूषित पानी की शिकायत की जा रही थी और अब जाकर पाइप लाइन बदलने का काम शुरू हुआ है। वहीं सिराजुद्दीन का कहना है कि कई लोगों ने मजबूरी में अपने खर्च पर समर्सिबल लगवा लिए हैं। धनेसरा निवासी अब्दुर्रहमान ने कूड़ा कंपैक्टर मशीन से फैलने वाली दुर्गन्ध को बड़ी समस्या बताया और कहा कि मशीन लगने के बाद हालात और खराब हुए हैं। वादों पर टिकीं निगाहें वार्ड संख्या-99 की तस्वीर दो हिस्सों में बंटी नजर आती है। एक तरफ सड़क और स्ट्रीट लाइट जैसी बुनियादी सुविधाएं संतोषजनक हैं, वहीं दूसरी तरफ जलभराव, दूषित पेयजल और पुरानी सीवर लाइनें हजारों लोगों के लिए रोजमर्रा की परेशानी बनी हुई हैं। अब स्थानीय लोगों की निगाहें उन वादों पर टिकी हैं, जिनमें अगले साल तक जलभराव खत्म करने और पेयजल व्यवस्था सुधारने का दावा किया जा रहा है। पार्षद प्रतिनिधि बोले- नई ड्रेनेज से करेंगे स्थाई समाधान पार्षद प्रतिनिधि और अधिवक्ता जमाल अंसारी ने बताया कि जलभराव की समस्या को लेकर महापौर से कई बार शिकायत की गई है। भविष्य में नई ड्रेनेज योजना के जरिए इसका स्थायी समाधान किया जाएगा। अगले वर्ष तक नाटी इमली क्षेत्र से आने वाले पानी का रूट बदला जाएगा, जिससे कच्चीबाग में जलभराव काफी हद तक समाप्त हो जाएगा। साथ ही दूषित पेयजल की समस्या खत्म करने के लिए पुरानी सीवर पाइप लाइनें बदली जा रही हैं और जहां पानी का दबाव कम है वहां नई व्यवस्था की जाएगी। --------------- ये खबर भी पढ़िए… जिस वार्ड में निगम कार्यालय, वहां टूटी सड़कें-उफनाते सीवर:वार्ड-10 के रहवासी बोले- बारिश में गंदा पानी घरों में घुस जाता है, बीमारी फैलती है जिस वार्ड से पूरे शहर के विकास की निगरानी होती है, उसी शिवपुरवा में सरकारी सुविधाएं नहीं पहुंचीं। वाराणसी के वार्ड-10 शिवपुरवा में नगर निगम का प्रधान कार्यालय है। फिर भी वर्षों से टूटी सड़कों, बजबजाते सीवर और जलभराव की समस्या यहां के लोग झेल रहे हैं। कई मोहल्लों में सीवर का गंदा पानी सड़कों पर बह रहा है। कहीं पीने के पानी की व्यवस्था नहीं है। कहीं लोग दूषित पानी से बचने के लिए पानी खरीदकर पीने को मजबूर हैं। पूरी खबर पढ़िए…
12वें अंतरराष्ट्रीय योग दिवस पर शनिवार को अयोध्या पूरी तरह योग के रंग में रंगी नजर आई। राम की पैड़ी, गुलाब बाड़ी समेत शहर के कई स्थानों पर योग कार्यक्रम आयोजित किए गए, जिनमें हजारों लोगों ने हिस्सा लिया। राम की पैड़ी पर हुए मुख्य कार्यक्रम में प्रदेश के सहकारिता मंत्री जेपीएस राठौर ने योगाभ्यास किया, जबकि गुलाब बाड़ी में सदर विधायक वेद प्रकाश गुप्ता ने लोगों के साथ योग किया। सुबह आयोजित कार्यक्रम में युवाओं, महिलाओं, बुजुर्गों और योग साधकों ने बढ़-चढ़कर भाग लिया। सामूहिक योगाभ्यास के दौरान लोगों ने स्वस्थ और निरोग जीवन जीने का संकल्प लिया। योग भारत की प्राचीन धरोहर: राठौर कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मंत्री जेपीएस राठौर ने कहा कि योग भारत की प्राचीन ऋषि परंपरा की अमूल्य धरोहर है। योग केवल शरीर को स्वस्थ रखने का माध्यम नहीं, बल्कि मानसिक शांति, आत्मिक संतुलन और सकारात्मक ऊर्जा का भी आधार है। उन्होंने लोगों से नियमित रूप से योग करने और इसे अपनी दिनचर्या का हिस्सा बनाने की अपील की। कार्यक्रम में जिलाधिकारी शशांक त्रिपाठी समेत कई प्रशासनिक अधिकारी मौजूद रहे। आयोजन के दौरान पूरे परिसर में उत्साह का माहौल देखने को मिला। नियमित योग शिविरों से बढ़ाई जा रही जागरूकता आयोजकों ने बताया कि लोगों को स्वस्थ जीवनशैली अपनाने के लिए समय-समय पर नि:शुल्क योग शिविर लगाए जाते हैं। योग दिवस के अवसर पर भी बड़ी संख्या में लोगों ने योग के विभिन्न आसनों और प्राणायाम का अभ्यास किया। दान की पाई-पाई का हिसाब लिया जाएगा योग कार्यक्रम के बाद पत्रकारों से बातचीत में मंत्री जेपीएस राठौर ने राम मंदिर में कथित दान गड़बड़ी के मामले पर भी अपनी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि पूरे मामले की जांच एसआईटी कर रही है और दान की पाई-पाई का हिसाब लिया जाएगा। मंत्री ने कहा कि जांच में जो भी दोषी पाया जाएगा, उसके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि राम मंदिर करोड़ों लोगों की आस्था का केंद्र है और इससे जुड़ी किसी भी वित्तीय अनियमितता को गंभीरता से लिया जाएगा। दोषियों को नहीं नहीं बख्शा जायेगा राठौर ने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने निष्पक्ष जांच के निर्देश दिए हैं। किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा। उन्होंने यह भी माना कि संबंधित तंत्र को अधिक सतर्क रहना चाहिए था ताकि ऐसी स्थिति उत्पन्न न होती। फिलहाल पूरे मामले में एसआईटी जांच जारी है और अब सभी की नजरें जांच रिपोर्ट पर टिकी हुई हैं।
पानीपत जिले के सनौली थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले गांव नंगला आर में बीती रात शातिर चोरों ने गांव में आतंक मचाते हुए पहले आधा दर्जन घरों को अपना निशाना बनाया। चोरों ने नशीली वस्तु का छिड़काव कर ग्रामीणों को बेहोश कर दिया। इसके बाद चोरों ने बड़ी आसानी से ताले तोड़कर नकदी और कीमती मोबाइलों पर हाथ साफ कर दिया। चोरों द्वारा सुंघाई गई किसी अज्ञात नशीली वस्तु का असर इतना घातक था कि सुबह उठते ही पीड़ितों के घर में बच्चों, महिलाओं और बुजुर्गों की तबीयत बिगड़ गई और उन्हें लगातार उल्टियां व चक्कर आने लगे। घटना की सूचना पाकर सनौली थाना पुलिस ने मौके का मुआयना कर जांच शुरू कर दी है। चोरी के बाद सुबह शुरू हुआ उल्टियों का दौर गांव में स्थित एक कॉस्मेटिक दुकान चलाने वाली मनीषा ने बताया कि चोर रात करीब 2 बजे के बाद उनके घर में दाखिल हुए थे। चोरों ने सबसे पहले किसी नशीली वस्तु या स्प्रे का इस्तेमाल किया, जिससे पूरा परिवार बेसुध हो गया। सुबह जब उनकी आंख खुली, तो पूरा घर खंगाला हुआ मिला। चोर दुकान के गल्ले में रखी 20 हजार रुपए की नकदी और घर से 3 मोबाइल फोन चुरा ले गए थे। मनीषा के मुताबिक, सुबह नींद खुलते ही उन्हें, उनके ससुर रामसिंह और घर के छोटे बच्चों को अचानक उल्टियां और भयंकर चक्कर आने शुरू हो गए। ऐसा प्रतीत हो रहा है कि चोरों ने कोई तीव्र नशीला पदार्थ सुंघाया था, जिसका असर बच्चों और बुजुर्गों पर सबसे ज्यादा देखने को मिल रहा है। इन ग्रामीणों के घरों को भी बनाया निशाना ग्रामीणों ने की पुलिस गश्त बढ़ाने की मांग इस सनसनीखेज वारदात के बाद से पूरे नंगला आर गांव में दहशत का माहौल है। ग्रामीणों का कहना है कि चोरों के हौसले इतने बुलंद हैं कि अब वे लोगों की जान से खिलवाड़ कर नशीली वस्तुओं का प्रयोग कर रहे हैं। ग्रामीणों ने पुलिस प्रशासन से गुहार लगाई है कि रात के समय गांव और आसपास के मुख्य रास्तों पर पुलिस की गश्त (पेट्रोलिंग) को तुरंत बढ़ाया जाए ताकि भविष्य में ऐसी वारदातों को रोका जा सके।

