पंजाब और चंडीगढ़ में मौसम विभाग ने अगले 3 दिन तक हीटवेव की चेतावनी दी है। आज (24 मई) से लू का प्रभाव शुरू होगा। इसके बाद 25, 26 और 27 मई को पंजाब और चंडीगढ़ के कई इलाकों में लू चलेगी। वहीं, 28 और 29 मई के लिए मौसम विभाग ने गरज-चमक और 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटा की रफ्तार से हवा चलने की चेतावनी दी है। इसके चलते पंजाब सरकार ने सरकारी दफ्तरों और स्कूलों का समय बदल दिया है। वहीं, चंडीगढ़ में 30 जून तक स्कूल बंद रहेंगे। चंडीगढ़ में गर्मी और हीटवेव को देखते हुए स्कूलों में आयोजित किए जा रहे समर कैंपों में आउटडोर एक्टिविटी पर रोक लगा दी गई है। चंडीगढ़ बाल अधिकार संरक्षण आयोग (CCPCR) ने कहा है कि समर कैंप के दौरान बच्चों को केवल सुरक्षित और ठंडे वातावरण में ही गतिविधियों में शामिल किया जाए। मौसम की डिटेल नीचे बताएंगे, उससे पहले गर्मी के कारण गैजेट्स को होने वाले नुकसान के बारे में जान लीजिए राज्य के कई हिस्सों में तापमान 45C पार पहुंच गया है। इस दौरान मोबाइल, लैपटॉप या पावर बैंक जल्दी गर्म होते हैं। इससे बैटरी डैमेज, लो परफॉर्मेंस या अचानक डिवाइस बंद होने जैसी समस्याएं हो सकती हैं। आज ‘जरूरत की खबर’ में जानेंगे कि हाई टेम्परेचर का गैजेट्स पर क्या प्रभाव पड़ता है और इन्हें ओवरहीटिंग से कैसे बचाएं? पढ़ें पूरी खबर... दिन-प्रतिदिन बदलेगा मौसम इसी के साथ राज्य के औसत अधिकतम तापमान में 1C की वृद्धि हुई है, जो सामान्य से 1.6C अधिक है। पंजाब में शनिवार को सबसे अधिक तापमान बठिंडा में 43.8C रहा। अब 24 और 25 मई को आसमान में आंशिक रूप से बादल छाए रहेंगे। इस दौरान अधिकतम तापमान 40C से 41C के बीच रहने की संभावना है। वहीं, 26 और 27 मई को आसमान साफ रहेगा और गर्मी बढ़ेगी। इस दौरान तापमान 42C से 43C तक जा सकता है। 28 मई को फिर से आंशिक बादल छा सकते हैं और तापमान 44C तक पहुंचने का अनुमान है। सरकारी दफ्तरों और स्कूलों का समय बदला पंजाब सरकार ने गर्मी की वजह से सरकारी दफ्तरों और स्कूलों का समय बदल दिया है। अब दफ्तर और स्कूल सुबह साढ़े 7 बजे खुलेंगे और दोपहर डेढ़ बजे बंद होंगे। स्कूलों के आदेश सभी कक्षाओं के लिए होंगे। यह आदेश सोमवार यानी 25 मई से लागू होंगे। CM भगवंत मान ने कहा कि भीषण गर्मी को देखते हुए यह फैसला लिया गया है। चंडीगढ़ के स्कूलों में गर्मी की छुट्टियां चंडीगढ़ के स्कूलों में गर्मी की छुट्टियां 23 मई से 30 जून 2026 तक रहेंगी (कुल 39 दिन)। हालांकि 29 और 30 जून को शिक्षक स्कूल आएंगे। इससे पहले चंडीगढ़ व पंजाब के सभी अस्पतालों में हीट वेव से पीड़ित मरीजों के लिए स्पेशल सेंटर बनाए गए हैं। इसके अलावा मौसम एडवाइजरी भी जारी की जा चुकी है।
धुरंधर: द रिवेंज जैसी ब्लॉकबस्टर फिल्म में गाना गाने वाले पंजाबी सिंगर खान साब पर सिख धर्म, गुरुओं और शहीदों के खिलाफ आपत्तिजनक टिप्पणी करने के आरोप लगे हैं। साथ ही उन पर एक युवक के धर्म परिवर्तन की कोशिश करने का भी आरोप है। एक पॉडकास्ट में व्यक्ति दावा कर रहा है कि एक बातचीत के दौरान सिंगर खान साब ने उससे कहा था- सिखों के जितने भी शहीद हुए हैं न, वे हमारे बंदों ने किए हैं। इस मामले में बुड्ढा दल के निहंग मान सिंह ने कड़ा संज्ञान लेते हुए एक वीडियो जारी कर सिंगर को खुली चेतावनी दी है। निहंग ने कहा है कि खान साब जल्द से जल्द सामने आकर इस पूरे मामले पर अपना स्पष्टीकरण दें। अगर उन्होंने ऐसा नहीं किया और माफी नहीं मांगी तो उनके खिलाफ FIR दर्ज करवाई जाएगी। वहीं, सिंगर खान साब का कहना है कि उनकी छवि खराब करने की कोशिश की जा रही है। उन्होंने कहा कि जो व्यक्ति दावा कर रहा है, वह तो सिख भी नहीं है। पॉडकास्ट से शुरू हुआ विवाद यह पूरा विवाद एक हालिया इंटरव्यू/पॉडकास्ट के बाद शुरू हुआ है। यूट्यूब चैनल द संघा शो पर शुक्रवार को अपलोड किए गए एक पॉडकास्ट में हरनूर सिंह कूनर ने खान साब के साथ बातचीत को लेकर खुलासा किया। हरनूर सिंह खुद को सिंगर बताते हैं। हरनूर के इंट्रोडक्शन में पॉडकास्ट होस्ट ने वीडियो में बताया है कि वह रागी सिंहों के परिवार से हैं। टीवी चैनल जी टीवी पर प्रसारित होने वाले सिंगिंग रियलिटी शो सारेगामापा राइजिंग सुपरस्टार में वह प्रतिभागी के रूप में हिस्सा ले चुके हैं। वीडियो में कुछ फोटो भी दिखाए, जिनमें हरनूर सिंह ने होस्ट सलमान खान को कंधे पर उठाए रखा है। इसी पॉडकास्ट में हरनूर सिंह कूनर कहते हैं- मैं झूठ नहीं बोलता। जब मैंने खान साब के सामने शहीद बाबा तारू सिंह जी का जिक्र किया तो खान साब ने कहा कि तुम्हारे जितने भी शहीद हुए हैं न, वे हमारे बंदों ने किए हैं। मैंने कहा कि यार यह क्या बात हुई? क्लिप वायरल होने पर निहंग भड़के इस बयान की क्लिप सामने आने के बाद सिख समुदाय में रोष पैदा हुआ। इस पर लुधियाना के निहंग मान सिंह ने अपने इंस्टाग्राम अकाउंट पर एक वीडियो जारी कर कहा कि कोई भी व्यक्ति किसी दूसरे के धर्म और शहीदों पर इस तरह की अमर्यादित टिप्पणी नहीं कर सकता। इससे सिख भावनाओं को गहरी ठेस पहुंची है। निहंग बोले- आरोप झूठे निकले तो पॉडकास्ट वाले परिवार पर भी होगी कार्रवाई मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए निहंग मान सिंह ने यह भी कहा कि ये सारी बातें पॉडकास्ट में शामिल युवक का परिवार बता रहा है। अगर जांच में पाया गया कि यह महज किसी पुरानी रंजिश के कारण खान साब को बदनाम करने की साजिश है, या कल को दोनों पक्ष आपस में समझौता कर लेते हैं तो झूठ बोलने वाले इस परिवार पर भी सख्त कार्रवाई की जाएगी। निहंग मान सिंह ने साफ कर दिया है कि वह इस मामले को गहराई से खंगालेंगे और सभी सबूत जुटाने के बाद ही पुलिस कमिश्नर को लिखित शिकायत देकर आगे की कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित करेंगे। खान साब बोले- छवि खराब करने की हो रही कोशिश इस पूरे मामले में जब खान साब से बात की गई तो उन्होंने स्पष्ट किया कि आरोप लगाने वाला व्यक्ति एक शरारती तत्व है, जिसका मुख्य उद्देश्य उनकी छवि को खराब करना है। उन्होंने यह भी साफ किया कि वह व्यक्ति सिख नहीं है। खान साब ने कहा- फिल्म धुरंधर के बाद मेरी फैन फॉलोइंग में काफी इजाफा हुआ है। इसी बढ़ती लोकप्रियता के चलते कुछ लोग जानबूझकर मुझे बदनाम करने की कोशिश कर रहे हैं। ॰॰॰॰॰॰॰ यह खबर भी पढ़ें… धुरंधर मूवी फेम सिंगर खान साब का माथा लहूलुहान, शूटिंग के दौरान सिर में कांच मारा धुरंधर-2 के 'जान से गुजरते हैं' सॉन्ग फेम पंजाब के सिंगर खान साब अपने नए गीत पागल नईं होणा की शूटिंग के दौरान घायल हो गए। एक सीन के दौरान उन्होंने अपना सिर कांच में मारा। इससे कांच उनके माथे में चुभ गया और वह लहूलुहान हो गए। उनके माथे पर टांके लगे हैं। पढ़ें पूरी खबर…
भिवानी के लिंगानुपात में काफी गिरावट देखने को मिली है। पिछले साल जहां जिले का लिंगानुपात 923 था, जो अब 28 गिरकर 895 पहुंच गया है। हालांकि इसको सुधारने के लिए स्वास्थ्य विभाग द्वारा दावे किए जा रहे हैं। भिवानी के सिविल सर्जन डॉ. रघुवर शांडिल्य ने कहा कि पिछले साल (2025) में लिंगानुपात 923 था। वहीं इस वर्ष 1 जनवरी से लेकर मई तक 895 पहुंच गया है। जो 900 से नीचे आ गया है और चिंता का विषय है। इसको बढ़ाने के लिए गर्भवती महिलाओं को चिह्नित किया है। जिसमें 1450 ऐसी महिलाएं हैं, जिसको पहले एक या दो से ज्यादा लड़कियां हैं। उनके पास एक आशा वर्कर की ड्यूटी लगाई है। जिसे सहेली का नाम दिया गया है। उस सहेली का मकसद यह है कि उसे गर्भवती महिला की निगरानी रखनी है। 5 अस्पतालों पर दर्ज करवाई एफआईआरउन्होंने कहा कि अवैध रूप से गर्भपत की दवाईयां बिक रही हैं, उन पर रोकथाम के लिए प्रयास किए जाएंगे। अवैध रूप से अबॉर्शन करवाने पर भी रोक लगाई जाए। पूरे हरियाणा में एमटीपी किट कोई भी नहीं बेच सकता। अगर जरूरत है तो स्वास्थ्य विभाग से ही ले सकते हैं। जिसको लाइसेंस दिया हुआ है, वे वही सेंटर दवाई दे सकता है। सिविल अस्पताल में निशुल्क दी जाती है। जो अस्पताल एमटीपी रजिस्टर्ड है, उसके अलावा कोई भी अबॉर्शन नहीं कर सकता। कोई अबॉर्शन करता है तो वह हर माह की 5 तारिख तक सिविल अस्पताल में देता है। बिना सूचना के अबॉर्शन करता है तो उस पर कार्रवाई की जाती है। इसके तहत 5 प्राइवेट अस्पतालों पर एक्ट के अनुसार एफआईआर दर्ज की है। 8 एसएमओ व एमओ को दिया नोटिसडॉ. रघुवीर शांडिल्य ने कहा कि जो एसएमओ को आशा वर्कर को सहेली बनाने की जिम्मेदारी दी थी। जिसके एमटीपी ज्यादा हुए है और लिंगानुपात कम हैं। उन 8 एसएमओ या एमओ को नोटिस दिए गए है। जो एलएचवी व एचआई सभी कर्मचारियों का लिंगानुपात में जितना काम होगा, उसको एसीआर में भी दर्ज किया जा रहा है। स्वास्थ्य विभाग अपने स्तर पर काम कर रहा है। उन्होंने कहा कि लिंगानुपात को सुधारने के लिए जन आंदोलन की जरूरत है। लिंग जांच व गर्भपात की सूचना देने पर सरकार द्वारा एक लाख रुपए ईनाम दिया जाता है और सूचना देने वाले की जानकारी गुप्त रखी जाती है। हालांकि अभी तक तीन-चार साल से यह किसी ने पहल नहीं की है। जो चिंता का विषय है। 37 रेड में से 2 सफलसीएमओ डॉ. रघुवीर शांडिल्य ने कहा कि स्वास्थ्य विभाग द्वारा 37 रेड की गई हैं। जिनमें से 2 रेड सफल हुई है। उनके खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है। जिनका लिंगानुपात कम है, उन गांवों को चिह्नित किया है। यह भी फैसला लिया गया है कि जिन गांवों का लिंगानुपात कम है उनके गांवों का लिंगानुपात गांव में बैनर के द्वारा प्रदर्शित किया जाएगा। ताकि वहां के लोग देखें कि यहां लड़कियों की जनसंख्या कम है। जिससे लोग जागरूक हो और लिंगानुपात बढ़ाने की दिशा में कदम बढ़ाएं। जिन गांवों का लिंगानुपात 950 से अधिक है वे ग्रीन जोन में, 900-950 वाले यलो जोन व 900 से कम लिंगानुपात वाले गांव रेड जोन में हैं।
आपको हम बता रहे हैं, भोपाल शहर में आज कहां-क्या हो रहा है। यहां हर वो जानकारी होगी, जो आपके काम आएगी। संगीत-संस्कृति, आर्ट, ड्रामा के इवेंट से लेकर मौसम, सिटी ट्रैफिक, बिजली-पानी की सप्लाई से जुड़ा हर अपडेट मिलेगा। काम की जरूरी लिंक्स आधार अपडेशन- नया/ नि:शुल्क/ बायो मैट्रिक अपडेट- 100 रुपए, डेमोग्राफिक अपडेट- 50 रुपए, इन सेंटरों में आधार अपडेशन/ जेनरेशन की सुविधा। सेंटर्स की पूरी लिस्ट के लिए क्लिक करें। हेल्थ सर्विसेज : एम्स/जेपी, खुशीलाल ऑटो गैस/ इलेक्ट्रिक चार्जिंग स्टेशन, सीएनजी स्टेशन थाने इमरजेंसी कॉन्टैक्ट नंबर सीएनजी पंप स्टेशन
हरियाणा में आने वाले दिनों में एक बार फिर गर्मी बढ़ने वाली है। भारत मौसम विज्ञान विभाग, चंडीगढ़ द्वारा जारी ताजा पूर्वानुमान के अनुसार प्रदेश में 24 से 27 मई तक मौसम मुख्य रूप से शुष्क रहने की संभावना है, जबकि 26 और 27 मई को कई जिलों में गंभीर हीटवेव चलने की चेतावनी जारी की गई है। प्रदेश में शनिवार 23 मई को कई जिलों में मौसम में बदलाव देखा गया। जिसके चलते सिरसा, महेंद्रगढ़ व झज्जर जिलों में बारिश हुई। वहीं फरीदाबाद, फतेहाबाद व अन्य कई जिलों में बादल छाए रहे तथा तेज हवा भी चली। इससे लोगों को शनिवार को गर्मी से कुछ राहत अवश्य मिली। 28 को बदलेगा मौसम मौसम विभाग के अनुसार 28 और 29 मई को प्रदेश के कुछ स्थानों पर हल्की बारिश, गरज-चमक और 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवा चल सकती हैं। हालांकि इन गतिविधियों के बावजूद अगले चार दिनों तक अधिकतम तापमान में 2 से 4 डिग्री सेल्सियस तक बढ़ोतरी होने की संभावना जताई गई है। इसके बाद तापमान में हल्की गिरावट आ सकती है। रोहतक रहा सबसे गर्म शनिवार को प्रदेश में अधिकतम तापमान सामान्य से ऊपर दर्ज किया गया। रोहतक राज्य का सबसे गर्म जिला रहा, जहां अधिकतम तापमान 44.1 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। वहीं सिरसा में 44 डिग्री, हिसार में 42.4 डिग्री, अंबाला में 41.2 डिग्री और महेंद्रगढ़ में 41.4 डिग्री तापमान दर्ज किया गया। नारनौल में अधिकतम तापमान 40 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। आज 11 जिलों में चलेगी हीटवेव मौसम विभाग ने आज रविवार को महेंद्रगढ़, रेवाड़ी, झज्जर, मेवात, पलवल, रोहतक, सिरसा, फतेहाबाद, हिसार, भिवानी और चरखी दादरी जिलों में हीटवेव चलने की संभावना जताई है। विभाग ने लोगों को दोपहर के समय धूप में बाहर निकलने से बचने, पर्याप्त मात्रा में पानी पीने और बुजुर्गों व बच्चों का विशेष ध्यान रखने की सलाह दी है। डिहाइड्रेशन का खतरा विशेषज्ञों का कहना है कि लगातार बढ़ती गर्मी के कारण लू और डिहाइड्रेशन का खतरा बढ़ सकता है। ऐसे में लोगों को सतर्क रहने और मौसम विभाग द्वारा जारी एडवाइजरी का पालन करने की जरूरत है।
मध्य प्रदेश का अधिकांश हिस्सा भीषण गर्मी और लू की चपेट में है। ज्यादातर शहरों में पारा 43 डिग्री के पार है। सबसे गर्म छतरपुर के खजुराहो और नौगांव है। शनिवार को यहां अधिकतम तापमान 45 डिग्री के पार रहा। IMD (मौसम केंद्र) भोपाल ने रविवार को टीकमगढ़, छतरपुर, पन्ना और सतना में तीव्र लू का रेड अलर्ट जारी किया है। वहीं, 11 जिलों में तीव्र लू का ऑरेंज अलर्ट और 22 जिलों में लू का येलो अलर्ट है। इस तरह रविवार को प्रदेश के कुल 37 जिलों में हीटवेव चलने की चेतावनी जारी की गई है। मौसम विभाग ने अगले 4 दिन तक हीटवेव और तेज गर्मी से राहत नहीं मिलने की बात कही है। इससे पहले प्रदेश के ज्यादातर शहरों में तापमान 43 डिग्री के पार रहा। छतरपुर का नौगांव सबसे गर्म रहा। यहां अधिकतम तापमान 45.5 डिग्री दर्ज किया गया। दूसरा सबसे गर्म शहर छतरपुर का ही खजुराहो रहा। जहां पारा 45.4 डिग्री पहुंच गया। दतिया में 44.3 डिग्री, जबलपुर, शाजापुर, दमोह-टीकमगढ़ में पारा 44 डिग्री दर्ज किया गया। राजगढ़, रीवा, मलाजखंड-सतना में 43.6 डिग्री, मंडला-उमरिया में 43.3 डिग्री, सागर-रतलाम में 43.2 डिग्री, गुना-खंडवा 43.1 डिग्री, श्योपुर, खरगोन और रायसेन में तापमान 43 डिग्री रहा। बड़े शहरों की बात करें तो ग्वालियर-उज्जैन में 43 डिग्री, भोपाल में 41.6 डिग्री और इंदौर में 41 डिग्री दर्ज किया गया। मौसम की डिटेल नीचे बताएंगे, उससे पहले गर्मी के कारण गैजेट्स को होने वाले नुकसान के बारे में जान लीजिए मध्य प्रदेश के कई हिस्सों में तापमान 45C पार पहुंच गया है। शनिवार को 10 से ज्यादा जिलों में भीषण गर्मी का असर देखा गया। इस दौरान मोबाइल, लैपटॉप या पावर बैंक जल्दी गर्म होते हैं। इससे बैटरी डैमेज, लो परफॉर्मेंस या अचानक डिवाइस बंद होने जैसी समस्याएं हो सकती हैं। आज ‘जरूरत की खबर’ में जानेंगे कि हाई टेम्परेचर का गैजेट्स पर क्या प्रभाव पड़ता है और इन्हें ओवरहीटिंग से कैसे बचाएं? पढ़ें पूरी खबर… आज इन जिलों में हीटवेव का अलर्ट 4 जिलों में रेड अलर्ट: टीकमगढ़, छतरपुर, पन्ना और सतना। 11 जिलों में तीव्र लू का ऑरेंज अलर्ट: दतिया, निवाड़ी, सागर, दमोह, कटनी, मैहर, उमरिया, रीवा, मऊगंज, सीधी और सिंगरौली। 22 जिलों में लू का यलो अलर्ट: ग्वालियर, भिंड, मुरैना, श्योपुर, शिवपुरी, गुना, अशोकनगर, विदिशा, रायसेन, नरसिंहपुर, जबलपुर, मंडला, डिंडौरी, अनूपपुर, शहडोल, राजगढ़, शाजापुर, आगर-मालवा, उज्जैन, नीमच, मंदसौर और रतलाम। 18 जिलों में तेज गर्मी: भोपाल, इंदौर, झाबुआ, अलीराजपुर, धार, बड़वानी, खरगोन, बुरहानपुर, खंडवा, देवास, सीहोर, हरदा, नर्मदापुरम, बैतूल, छिंदवाड़ा, पांढुर्णा, सिवनी और बालाघाट। मैप में समझें, अगले 4 दिन ऐसा रहेगा मौसम मौसम विभाग के अनुसार, 31 मई तक गर्मी का यह दौर अपने पीक पर रहेगा। विभाग ने अगले 4 दिन यानी 27 मई तक के लिए गर्मी का फोरकास्ट जारी किया है। इसमें कहा गया है कि चार दिन तक पूरे प्रदेश में भीषण गर्मी का दौर बना रहेगा, यानी लोगों को गर्मी से राहत नहीं मिलेगी। 25 मई से नौतपा शुरू हो रहा है। इन 9 दिन में भोपाल, इंदौर, उज्जैन, ग्वालियर-जबलपुर समेत पूरे प्रदेश में भीषण गर्मी पड़ेगी। लू से बचने के लिए दोपहर में घर में ही रहेंमौसम वैज्ञानिक एचएस पांडे ने बताया कि दोपहर 12 से 3 बजे तक गर्मी का ज्यादा असर रहेगा। ऐसे में लोग जरूरी होने पर ही घरों से बाहर निकलें। दिनभर पर्याप्त पानी पीएं और शरीर को हाइड्रेट रखें। हलके रंग के सूती कपड़े पहनें। बच्चे और बुजुर्ग खासतौर पर ध्यान रखें। मई में MP के 5 बड़े शहरों में ऐसा ट्रेंड भोपाल में गर्मी के साथ बारिश का भी दौरभोपाल में मई में तेज गर्मी के साथ बारिश का ट्रेंड भी रहा है। यहां 2016 में तापमान रिकॉर्ड 46.7 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया था। 2014 से 2023 तक हर साल मई में बारिश दर्ज की गई। 2021 और 2023 में 2 इंच से ज्यादा पानी गिरा था। इस बार भी मई में बारिश का अलर्ट है। इंदौर में 2023 में गिरा था 3 इंच पानीइंदौर में मई में तापमान 46 डिग्री सेल्सियस के पार पहुंच चुका है। मौसम विभाग के अनुसार, 31 मई 1994 को यहां रिकॉर्ड 46.6 डिग्री सेल्सियस तापमान दर्ज किया गया था। मई में मौसम बदलने के साथ बादल और बौछारें भी होती हैं। पिछले साल करीब 3 इंच बारिश हुई थी। यहां 2014 से 2023 के बीच 9 बार मई में बारिश हो चुकी है। ग्वालियर में 48 डिग्री के पार पहुंच चुका पाराग्वालियर में प्रदेश के अन्य बड़े शहरों की तुलना में ज्यादा गर्मी पड़ती है। 10 साल में यहां तापमान एक बार 47 डिग्री और तीन बार 46 डिग्री सेल्सियस के पार पहुंच चुका है। 30 मई 1947 को यहां रिकॉर्ड 48.3 डिग्री सेल्सियस तापमान दर्ज किया गया था। मौसम में बदलाव के कारण मई में ग्वालियर में बारिश भी होती है। 17 मई 1953 को 24 घंटे में सर्वाधिक 41.9 मिमी बारिश रिकॉर्ड की गई थी। 2023 में भी यहां ढाई इंच पानी गिरा था। जबलपुर में 3 बार 45 डिग्री पार कर चुका तापमानजबलपुर में 25 मई 1954 को तापमान रिकॉर्ड 46.7 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया था। 10 साल में तीन बार पारा 45 डिग्री सेल्सियस के पार गया है। मई में यहां बारिश का ट्रेंड भी रहा है। 2014 से 2023 तक हर साल इस महीने बारिश हुई। जबलपुर में 2021 की मई में 3 इंच से ज्यादा बारिश हुई थी, जबकि पिछले साल करीब 2 इंच पानी गिरा था। उज्जैन में भी गर्मी, बारिश का ट्रेंडउज्जैन में मई में गर्मी और बारिश दोनों का ट्रेंड रहता है। 22 मई 2010 को यहां तापमान रिकॉर्ड 46 डिग्री सेल्सियस तक पहुंचा था। 2014 से 2023 के बीच एक बार पारा 45 डिग्री सेल्सियस के पार गया। हालांकि, पिछले साल तापमान 42.4 डिग्री सेल्सियस से ज्यादा नहीं पहुंचा। मई में यहां बारिश भी होती है। पिछले साल करीब पौन इंच पानी गिरा था। जरूरत की खबर… गर्मियों के लिए वर्कआउट सेफ्टी टिप्स: इन 9 संकेतों को न करें इग्नोर, बरतें 11 जरूरी सावधानियां गर्मियों में फिटनेस रूटीन बनाए रखना चैलेंजिंग होता है। इस दौरान पसीना ज्यादा आता है, जल्दी थकान होती है और डिहाइड्रेशन का रिस्क बढ़ जाता है, जिससे वर्कआउट मुश्किल होता है। कुछ लोग इस वजह से एक्सरसाइज अवॉइड करते हैं जबकि कुछ बिना सावधानी के वर्कआउट करते हैं। इससे सेहत को नुकसान हो सकता है। पढ़ें पूरी खबर…
मध्यप्रदेश में ऑनलाइन एप के जरिए गिद्धों की गिनती की जा रही है। रविवार को तीसरे दिन भी गिनती होगी। इसके बाद उनकी संख्या को लेकर तस्वीर साफ होगी। प्रारंभिक रिपोर्ट के मुताबिक, इस बार गिद्धों की संख्या 14 हजार के पार पहुंचने का अनुमान है। पिछली गणना में 12 हजार 981 गिद्ध मिले थे। पन्ना में लाल सिर और वन विहार नेशनल पार्क में सफेद पीठ वाले गिद्ध पाए गए हैं। पिछले 10 साल में इनकी संख्या दोगुनी हुई है। बता दें कि एमपी पहले से चीता, टाइगर, तेंदुआ स्टेट है। अब यहां गिद्धों की संख्या भी बढ़ गई है। फरवरी में हुए सर्वे में गिद्धों की करीब 7 प्रजाति पाई गई हैं। इनमें भारतीय गिद्ध, सिनेरियस गिद्ध, मिस्र गिद्ध (व्हाइट स्कैवेंजेर) और हिमालयन ग्रिफॉन जैसी प्रजातियां प्रमुख हैं। 22 से 24 मई के बीच हो रही गणना में भी यही प्रजातियां सामने आई हैं। सूर्योदय से सुबह 9 बजे तक प्रदेश के सभी 16 वृत्त, 9 टाईगर रिजर्व, वन विकास निगम के क्षेत्रों एवं अन्य संरक्षित क्षेत्रों में गिद्ध गणना होगी। गिद्धों की गणना के लिए 'ऑनलाईन एप' तैयार किया गया है। जिसके माध्यम से गिद्धों की गणना की जा रही है। 'एप' के माध्यम से गणना किए जाने पर आंकड़ों के संकलन एवं रिपोर्ट तैयार करने में आसानी होगी। ऐसे होती है गणना गिद्धों की गणना के लिए गणनाकर्मी एवं स्वयंसेवक सूर्योदय के तत्काल बाद प्रथम चरण में चयनित गिद्धों के घोंसलों के समीप पहुंच जाते हैं। फिर घोंसलों के आसपास बैठे गिद्धों एवं उनके नवजातों की गणना कर एप में उसकी जानकारी दर्ज करते हैं। गणना के दौरान इस बात का ध्यान रखा जाता है कि केवल आवास/विश्राम स्थलों पर बैठे हुए गिद्धों को ही गणना में लिया जाए। उड़ते हुए गिद्धों को गणना में नहीं लिया जाता है। प्रदेश में ऐसे बढ़ी गिद्धों की संख्या जानकारी के अनुसार, प्रदेश में गिद्धों की गणना की शुरुआत वर्ष 2016 से की गई थी। प्रदेश में गिद्धों की कुल 7 प्रजातियां पाई जाती हैं। इसमें से 4 प्रजातियां स्थानीय एवं 3 प्रजाति प्रवासी हैं। गिद्धों की गणना करने के लिए शीत ऋतु का अंतिम समय सही रहता है। इस दौरान स्थानीय एवं प्रवासी गिद्धों की गणना आसानी से हो जाती है। वर्ष 2019 की गणना में गिद्धों की संख्या 8 हजार 397, वर्ष 2021 में 9 हजार 446, वर्ष 2024 में 10 हजार 845 और 2025 में 12 हजार 981 हो गई थी। कभी विलुप्त होने की कगार पर थे गिद्ध एक्सपर्ट के मुताबिक, गिद्ध जल्दी अपना साथी या मैटिंग पेयर नहीं बनाते हैं। यह पक्षी असल में नर्वस किस्म का जीव है। इस मामले में शर्मिला कहा जा सकता है। गिद्ध कभी विलुप्त होने की कगार पर थे। मप्र सहित देशभर में 'धरती के सफाई दूत' की संख्या बुरी तरह घटती जा रही थी, लेकिन अब प्रदेश में इनकी संख्या लगातार बढ़ रही है। वन विहार में 3 साल पहले हरियाणा से लाए गए थे गिद्ध भोपाल के वन विहार नेशनल पार्क में करीब तीन साल पहले हरियाणा से सफेद पीठ वाले 20 गिद्ध लाए गए थे। 1100 किलोमीटर की यात्रा करके यह भोपाल पहुंचे थे। वर्तमान में यह गिद्ध संरक्षण एवं संवर्धन केंद्र की एवरी में है। 20 व्हाइट रम वल्चर (सफेद पीठ वाले गिद्ध) में 5 नर और 5 मादा, 10 सब एडल्ट गिद्ध थे। अंडे से जीवित निकलने का सक्सेस रेट 50% गिद्ध साल में एक ही बार अंडे देते हैं। साइज में यह मुर्गी के अंडे से तीन गुना बड़े होते हैं। मई-जून से अक्टूबर के दौरान मैटिंग सीजन और अंडे देने का समय होता है। अंडे से बच्चे जीवित निकलने का सक्सेस रेट 50% माना जाता है। यही वजह है कि आधे अंडे विकसित नहीं होते हैं। अंडे से 55 दिन में बच्चा निकलता है। चार महीने बच्चा घोंसले में रहता है। फिर वह उड़ने के लिए तैयार हो जाता है। इसलिए कम हो गई थी गिद्धों की संख्याएक आंकड़े के अनुसार, वर्ष 1990 से 92 में भारत में 4 करोड़ गिद्ध थे। साल दर साल ये संख्या कम होती गई। पशुओं को दर्द, सूजन आदि के दौरान डायक्लोफेनाक दवा दी जाती है। इनके खाने के बाद मरने वाले पशु या जानवर का मांस गिद्ध खाते हैं। दवा के प्रभाव से गिद्धों की ज्यादा मौत हो जाती है। यह दवा प्रतिबंधित की गई है। गिद्धों से जुड़ी जानकारी… 2014 में शुरू हुए थे संरक्षण के प्रयास भोपाल के केरवा डैम में गिद्ध प्रजनन केंद्र की स्थापना के साथ वर्ष 2014 में गिद्धों के संरक्षण के प्रयास शुरू हुए थे। मार्च 2017 में यहां पहले सफल प्रजनन के रूप में सफेद पीठ वाले गिद्ध का चूजा पैदा हुआ था। यहां सफेद पीठ वाले (Oriental White-backed) और लंबी चोंच वाले (Long-billed) गिद्धों का प्रजनन किया जा रहा है। इसके अतिरिक्त, गिद्धों के संरक्षण और उनके प्राकृतिक आवास के लिए पन्ना (पवई), रायसेन (हलाली डैम), शिवपुरी और गांधीसागर अभयारण्य (मंदसौर) में भी विशेष प्रयास किए जा रहे हैं। 2016 में पहली बार हुई थी गणना मध्य प्रदेश में 2016 में पहली बार गिद्धों की गणना हुई थी। तब 7028 गिद्ध गिने गए थे। इसके बाद से लगातार गिनती की जा रही है। गिद्धों को उनके प्राकृतिक आवास में छोड़े जाने से पहले GPS ट्रैकर लगाए जाते हैं ताकि उनकी गतिविधियों पर नज़र रखी जा सके।
भारत का आधा से ज्यादा हिस्सा तेज धूप और हीटवेव से तप रहा है। मध्य प्रदेश, राजस्थान, उत्तर प्रदेश, बिहार, गुजरात, महाराष्ट्र और ओडिशा के कई हिस्सों में तापमान अब भी 45C पार जा रहा है। महाराष्ट्र का ब्रह्मपुर शनिवार को लगातार दूसरे दिन देश में सबसे गर्म रहा। यहां 47.1C पारा दर्ज हुआ। प्राइवेट एजेंसी AQI के मुताबिक, शनिवार को दुनिया के 50 सबसे गर्म शहरों में भारत के 37 शहर थे। इनमें बांदा, चंद्रपुर, रायपुर, प्रयागराज जैसे शहर शामिल थे। यूपी के बांदा में 46.2C तापमान रहा। ओडिशा के झारसुगुड़ा में 45.2C किया गया। दिल्ली के कई हिस्सों में तापमान 44C के पार पहुंच गया। हालांकि दोपहर के बाद यूपी, दिल्ली, बिहार, हरियाणा, पंजाब, राजस्थान और उत्तराखंड के कुछ हिस्सों में आंधी-बारिश हुई। इससे लोगों को गर्मी से थोड़ी राहत मिली। राजस्थान के सभी शहरों का तापमान 45C से नीचे आ गया। मौसम की डिटेल नीचे बताएंगे, उससे पहले गर्मी के कारण गैजेट्स को होने वाले नुकसान के बारे में जान लीजिए… देश के कई हिस्सों में तापमान 45C पार पहुंच गया है। इस दौरान मोबाइल, लैपटॉप या पावर बैंक जल्दी गर्म होते हैं। इससे बैटरी डैमेज, लो परफॉर्मेंस या अचानक डिवाइस बंद होने जैसी समस्याएं हो सकती हैं। आज ‘जरूरत की खबर’ में जानेंगे कि हाई टेम्परेचर का गैजेट्स पर क्या प्रभाव पड़ता है और इन्हें ओवरहीटिंग से कैसे बचाएं? पढ़ें पूरी खबर… अगले दो दिन के मौसम का हाल 25 मई: 26 मई: देशभर से मौसम की तस्वीरें…
करनाल बिजली निगम में तैनात महिला क्लर्क की हत्या के मामले में अब नया मोड़ आ गया है। मृतका के बेटे और बेटी पहली बार कैमरे के सामने आए और उन्होंने पुलिस की कार्रवाई पर सवाल उठाए। बच्चों का कहना है कि असली शूटर अभी भी फरार है और उन्हें अपनी जान का खतरा बना हुआ है। उन्होंने विदेश में बैठे आरोपी को जल्द गिरफ्तार करने और केस में नियमित अपडेट देने की मांग की है। बच्चों ने जताया डर, बोले- घर से बाहर निकलने से भी डर लग रहामृतका के बेटे देवांश और बेटी गुनगुन ने कहा कि उन्हें अभी भी लग रहा है कि असली शूटर पकड़ा नहीं गया है। उनका कहना है कि जिस व्यक्ति को पुलिस ने पकड़ा है, उसे लेकर उन्हें संदेह है। उन्होंने कहा कि कहीं दबाव में आकर पुलिस ने गलत व्यक्ति को तो गिरफ्तार नहीं कर लिया। दोनों बच्चों ने बताया कि वे घर से बाहर भी नहीं निकल रहे हैं, क्योंकि उन्हें डर है कि शूटर अभी भी बाहर है और उनके साथ कोई अनहोनी हो सकती है। उन्होंने पुलिस से सुरक्षा की मांग भी की थी। विदेश में बैठे आरोपी पर भी उठाए सवालबच्चों ने कहा कि जिस व्यक्ति के कहने पर यह सब हुआ है, वह ऑस्ट्रेलिया के पर्थ में रहता है। उन्होंने उसकी सोशल मीडिया प्रोफाइल भी देखी है। उनके मुताबिक आरोपी ने कुछ दिन पहले ही अपना जन्मदिन भी मनाया था। उन्होंने प्रशासन से मांग की कि विदेश में बैठे आरोपी को जल्द से जल्द गिरफ्तार कर भारत लाया जाए, ताकि उन्हें न्याय मिल सके। पुलिस से मिलने की कोशिश, पर नहीं मिली जानकारीदेवांश और गुनगुन ने बताया कि वे सेक्टर-9 चौकी पुलिस से भी मिले थे। वहां पुलिस ने कहा कि विदेश में बैठे आरोपी को पकड़ने के लिए प्रक्रिया चल रही है और उसी के अनुसार कार्रवाई होगी। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि अभी तक पुलिस ने पकड़े गए आरोपी के बारे में उन्हें कोई स्पष्ट जानकारी नहीं दी है और न ही उन्हें आरोपी से मिलवाया गया है। सीसीटीवी फुटेज पर भी जताया संदेहबच्चों का कहना है कि सीसीटीवी फुटेज सभी ने देखी है, लेकिन उन्हें नहीं लगता कि पुलिस द्वारा पकड़ा गया व्यक्ति ही असली शूटर है। उन्होंने कहा कि वे खुद आरोपी से मिलना चाहते हैं ताकि सच्चाई सामने आ सके। पुलिस का पक्ष: 48 घंटे में आरोपी गिरफ्तारवहीं मामले की जांच कर रही सीआईए-1 टीम के इंचार्ज संदीप कुमार ने बताया कि पुलिस ने एसपी नरेंद्र बिजराणिया के नेतृत्व में 48 घंटे के भीतर आरोपी को मुठभेड़ के दौरान गिरफ्तार कर लिया था। उन्होंने बताया कि फिलहाल आरोपी अस्पताल में भर्ती है और 25 मई को डिस्चार्ज हो सकता है। इसके बाद उसे औपचारिक रूप से गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश किया जाएगा और रिमांड पर लेकर पूछताछ की जाएगी। पुलिस का कहना है कि पूरी कार्रवाई नियमों के तहत की जा रही है। यदि परिवार आरोपी से मिलना चाहता है तो उन्हें मिलवाया जा सकता है। कैसे हुई थी डिंपल अरोड़ा की हत्याडिंपल अरोड़ा सेक्टर-9 में अपने परिवार के साथ रहती थीं। उनके पति विमल अरोड़ा हैं। परिवार में दो बेटियां दीया और गुनगुन और एक बेटा देवांश है। दीया कनाडा में रहती है। 15 मई की दोपहर डिंपल अरोड़ा रोज की तरह अपने ऑफिस से खाना खाने घर आई थीं। वह घर के बाहर अपनी स्कूटी लॉक कर रही थीं। इसी दौरान हेलमेट पहने एक युवक बाइक पर आया और उनके सिर में गोली मार दी। वारदात के बाद आरोपी मौके से फरार हो गया था। घटना के बाद परिजनों ने बताया था कि उनकी किसी से कोई दुश्मनी नहीं थी। पार्किंग विवाद से जुड़ा हो सकता है मामलासूत्रों के अनुसार यह मामला पार्किंग विवाद से जुड़ा हुआ माना जा रहा है। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू की थी। 17 मई की रात पुलिस ने मुठभेड़ के दौरान आरोपी विकास उर्फ संजू को गिरफ्तार किया। वह कुरुक्षेत्र के लाडवा के सलेमपुर गांव का रहने वाला है। पुलिस जांच में सामने आया कि आरोपी पहले भी हत्या के मामले में 20 साल की सजा काट चुका है। जमानत पर बाहर आने के बाद वह फरार हो गया था। बताया जा रहा है कि आरोपी हाल ही में थाईलैंड से लौटा था और उसी के बाद इस वारदात को अंजाम दिया गया। परिवार की मांग- हमें मिले न्याय और सुरक्षामृतका के बच्चों ने हरियाणा सरकार और पुलिस प्रशासन से अपील की है कि उन्हें केस से जुड़ी हर जानकारी समय-समय पर दी जाए। साथ ही उनकी सुरक्षा सुनिश्चित की जाए और विदेश में बैठे आरोपी को जल्द गिरफ्तार कर कड़ी सजा दिलाई जाए।
हरियाणा के पानीपत में करंट लगने से बेहोश हुई महिला को परिजनों ने मिट्टी के गड्ढे में दबा दिया। अंधविश्वास के चक्कर में महिला 20 मिनट तक मिट्टी में दबी रही, कुछ ही देर में उसकी मौत हो गई। परिजनों ने एक निर्माणाधीन नाले के लिए खोदे गए गड्ढे में ही गर्दन से नीचे महिला का पूरा शरीर दबा दिया, मिट्टी से ऊपर केवल चेहरा नजर आ रहा था। इलाज करने का दावा कर उसके मुंह में एक कपड़ा भी ठूस दिया। काफी देर तक उसके हाथ रगड़े गए। जब महिला होश में नहीं आई तो गड्ढे से निकालकर अस्पताल ले जाया गया। जहां डॉक्टरों ने चेकअप के बाद महिला को मृत घोषित कर दिया। सिटी थाना पुलिस का कहना है कि मामले की जांच की जा रही है। अब सिलसिलेवार जानिए पूरा मामला… काम करते समय लगा करंट पानीपत के संजय चौके निवासी एक महिला शनिवार को घर में काम कर रही थी। इसी दौरान अचानक उसे बिजली का करंट लग गया। करंट का झटका इतना जोरदार था कि महिला तुरंत बेहोश होकर जमीन पर गिर पड़ी। महिला को बेसुध देख घर में चीख-पुकार मच गई। आसपास के लोग भी घर में इकट्ठा हो गए। मिट्टी में दबाने की सलाह दी महिला की गंभीर हालत को देखकर परिजन अस्पताल जाने की तैयारी करने लगे, तभी किसी ने उन्हें महिला को मिट्टी में दबाने की सलाह दी। व्यक्ति कहने लगा कि महिला को जमीन पर लेटाकर हाथ- पैर रगड़े जाए। मिट्टी शरीर का सारा करंट सोख लेगी और महिला होश में आ जाएगी। निर्माणाधीन नाला खोदकर दबाया व्यक्ति की बात सुनकर परिवार के लोग महिला को संजय चौक के पास एक निर्माणाधीन नाले के पास ले गए। नाला निर्माण के लिए जेसीबी से गहरे गड्ढे खोदे गए थे। परिवार ने इसी गड्डे में महिला को दबाकर ऊपर से मिट्टी डाल दी। गर्दन से नीचे शरीर मिट्टी में दबा परिजनों ने अंधविश्वास में महिला का पूरा शरीर मिट्टी के अंदर दिया। उसके हाथ और गर्दन को बाहर निकाला गया। काफी देर तक परिजन हाथों को रगड़ते रहे। करीब 20 मिनट तक ये प्रक्रिया चलती रही। जब महिला को होश नहीं आया तो परिजन उसे अस्पताल ले गए। डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। राहगीरों ने पुलिस को सूचना दी मौके पर भीड़ बढ़ती देख राहगीरों ने तुरंत पुलिस को इसकी सूचना दी। कुछ ही देर बाद डॉयल 112 की गाड़ी मौके पर पहुंच गई। पुलिस ने महिला को गड्ढे से बाहर निकलवाया और परिजनों को अस्पताल जाने के लिए कहा। परिजन महिला को संजय चौक स्थित एक निजी अस्पताल लेकर पहुंचे। जहां डॉक्टरों ने महिला पल्स और हॉर्टबीट चेक कर उसे मृत घोषित कर दिया। डॉक्टरों का कहना है कि यदि महिला को पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट के बाद ही महिला की मौत का असली कारण पता चल सकेगा। करंट लगने या मिट्टी में दबने से दम घुटने से उसकी मौत हुई होगी। पुलिस मामले की जांच में जुटी सिटी थाना प्रभारी देवेंद्र का कहना है कि महिला के मिट्टी में दबे होने की सूचना मिली थी। जब तक थाना पुलिस मौके पर पहुंची, तब तक परिजन मौके से महिला को ले जा चुके थे। अभी मामले की जांच की जा रही है। डॉक्टरों से संपर्क किया गया है।
हरियाणा के पलवल में युवक पर हथौड़े से हमले के मामले में अब हरियाणा के पूर्व मंत्री और वर्तमान मंत्री आमने- सामने आ गए हैं। पूर्व मंत्री करण सिंह दलाल ने गौरव गौतम को चेलेंज करते हुए कहा- इनकी हमारे सामने कोई औकात नहीं है। हमने बेलगाम मुख्यमंत्रियों को भी लगाम लगाने का काम किया है, जिनका कोई इलाज नहीं कर सकता था। दलाल ने आरोप लगाया कि खेल राज्यमंत्री के घर के पास कब्जे की वीडियो बनाने पर सिकंदर डागर पर हमला हुआ। वहीं गौरव गौतम ने कहा, ये राजनीतिक मुद्दा नहीं है। राजनीति का जवाब आगे दूंगा। दरअसल, 19 मई को कपड़ा कारोबारी सिकंदर पर हथौड़े और लाठी- डंडों से हमला किया गया था। आरोपियों ने हथौड़े मारकर उसके दोनों पैर तोड़ दिए थे। जिसके बाद परिजनों ने आरोप लगाया था कि खेल मंत्री गौरव गौतम के घर कब्जे की वीडियो बनाने पर ही सिकंदर पर हमला हुआ। 20 मई को परिवार को वॉट्सएप कॉल के जरिए धमकी मिली कि मामले को खत्म कर दे। इसके बाद पुलिस ने पीड़ित और परिवार की सुरक्षा बढ़ा दी। हमले में घायल पीड़ित सिकंदर ICU में एडमिट है। पहले सिलसिलेवार जानिए पूरा मामला… अब पढ़िए, पूर्व मंत्री ने क्या आरोप लगाए… मंत्री के गुंड़ों ने हाथ-पैर तोड़े मामले को लेकर पूर्व मंत्री और कांग्रेस नेता करण सिंह दलाल ने 21 मई को एक प्रेस कॉन्फ्रेंस की। जिसमें उन्होंने कहा- खेल मंत्री के गुंडे शहर में डर बनाने की कोशिश कर रहे है। सिकंदर डागर के द्वारा मंत्री के घर के बाहर किए गए अवैध कब्जों की वीडियो बनाकर डाली गई, जिसे लेकर मंत्री के गुंडों ने उसके हाथ-पैर तोड़ दिए। मंत्री के गिरोह से जुड़े गैंगस्टर दलाल ने आगे कहा, हमारे सामने इसकी कोई औकात नहीं है। इसके बाद कुछ आपत्तिजनक शब्दों का भी प्रयोग किया। शहर में जितने भी लोगों को आज तक गैंगस्टर नीरज फरीदपूरिया की धमकी मिली है, ये सभी मंत्री के गिरोह के लोग हैं। इनकी कोई हैसियत नहीं है। पलवल के लोगों ने ऐसे लोगों का इलाज किया है। 2 पॉइंट में पढ़े, मंत्री गौतम क्या बोले… DCP बोले- मंत्री का कोई रोल नहीं डीएसपी अनिल कुमार ने बताया कि इस मामले में खेल राज्यमंत्री गौरव गौतम से जुड़ी वीडियो का कोई रोल नहीं है। आरोपियों और पीड़ित (सिकंदर) के बीच इंटरनेट मीडिया पर एक-दूसरे की पोस्ट पर टिप्पणी करने को लेकर रंजिश थी। इसी कारण सिकंदर के साथ मारपीट की गई। अब तक 4 आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है।
हरियाणा सरकार राज्य में परिवार पहचान पत्र (PPP) 2.0 परियोजना लागू करने जा रही है। सरकार का दावा है कि यह पूरा AI बेस्ड होगा, जो सरकारी योजनाओं का लाभ पात्र व्यक्ति तक पहुंचाने में बड़ी भूमिका निभाएगा। इस नए पहचान पत्र में कई खासियतें होंगी, जैसे एक डॉक्यूमेंट से पूरे परिवार की वर्थ वैल्यू यानी पूरी कमाई का पता चलेगा। दावा है कि इससे आय और संपत्ति के विवाद खत्म होंगे औार अपात्र की होगी पहचान। सबसे ज्यादा खतरा उन लोगों को रहेगा, जो अभी जानकारियां छिपाकर सरकारी योजनाओं का लाभ ले रहे हैं। खास बात यह है कि पांच लाख रुपए तक की किसान ई-खरीद को परिवार की आमदनी में शामिल नहीं किया जाएगा। ऐज वेरिफिकेशन के लिए बड़ी संतान का जन्म प्रमाण पत्र भी मान्य होगा। इससे खासकर बुजुर्ग लोगों को राहत मिलेगी, जिनके पास खुद का जन्म प्रमाण पत्र नहीं है। AI विभिन्न प्लेटफार्म से डाटा मिलान कर गलतियों को पकड़ेगा। बैंक लोन से लेकर जमीन तक आमदनी पर सरकार की नजर रहेगी। मुख्यमंत्री ने इसे दिसंबर 2026 तक पूरी तरह लागू करने के निर्देश दिए हैं। हाल ही में दिल्ली में संपन्न हुए इंटरनेशनल AI समिट में हरियाणा PPP अथॉरिटी की टीम ने एक्सपर्ट से भी इस बारे में राय ली थी। क्या है परिवार पहचान पत्र (PPP) 2.0 परियोजना, क्या होंगे इसके फायदे और नुकसान और क्या है वे सवाल, जो लोगों को जानने जरूरी, पढ़िए पूरी रिपोर्ट…. नए पहचान पत्र में क्या होगा बदलाव और क्या असर पड़ेगा…. सवाल-जवाब में जानिए PPP 2.0 परियोजना के बारे में… सवाल: PPP 2.0 आखिर है क्या?जवाब: परिवार पहचान पत्र 2.0 एक AI आधारित डिजिटल प्लेटफॉर्म होगा, जिसमें राज्य और केंद्र सरकार की कई योजनाओं और विभागों का डेटा एक जगह जोड़ा जाएगा। इसका उद्देश्य लोगों को तेज, पारदर्शी और एकीकृत सेवाएं देना है। सवाल: इसमें कौन-कौन सा डेटा जोड़ा जाएगा?जवाब: इस प्लेटफॉर्म में शिक्षा, स्वास्थ्य, भूमि रिकॉर्ड, बिजली, शहरी विकास, सामाजिक सुरक्षा, वाहन डेटा, श्रमिक योजनाएं, आयुष्मान भारत, मनरेगा, ई-श्रम, EPFO, HRMS और जनगणना सहित कई विभागों का डेटा शामिल होगा। सवाल: आम लोगों को इससे क्या फायदा होगा?जवाब: लोगों को अलग-अलग विभागों के चक्कर कम लगाने पड़ेंगे। कई सरकारी सेवाएं डिजिटल रूप से एक ही प्लेटफॉर्म पर मिल सकेंगी। पात्र लोगों को योजनाओं का लाभ जल्दी और सही तरीके से मिलेगा। सवाल: क्या इससे फर्जी लाभार्थियों पर रोक लगेगी?जवाब: हां। सरकार का कहना है कि AI तकनीक की मदद से डुप्लीकेट रिकॉर्ड, फर्जी लाभार्थी और डेटा में गड़बड़ियों की पहचान आसानी से हो सकेगी। इसके अलावा स्कूल से लेकर उच्च शिक्षा तक का डेटा इसमें जोड़ा जाएगा। राष्ट्रीय छात्रवृत्ति योजना का रिकॉर्ड भी लिंक होगा, जिससे छात्रवृत्ति वितरण अधिक पारदर्शी और तेज हो सकेगा। सवाल: मजदूर वर्ग के लिए यह योजना कैसे मददगार होगी?जवाब: ई-श्रम, EPFO और श्रमिक कल्याण योजनाओं का डेटा जुड़ने से सरकार को संगठित और असंगठित क्षेत्र के श्रमिकों की वास्तविक स्थिति समझने में मदद मिलेगी। इससे योजनाओं का लाभ सीधे पात्र मजदूरों तक पहुंचाने में आसानी होगी। सवाल: क्या बिजली और वाहन रिकॉर्ड भी जुड़ेगा?जवाब: हां। बिजली विभाग और वाहन संबंधी पूरा डेटा भी PPP 2.0 में शामिल किया जाएगा। इससे उपभोक्ता सेवाएं और परिवहन योजनाएं बेहतर तरीके से लागू की जा सकेंगी। सवाल: क्या इससे सरकारी कामकाज में पारदर्शिता बढ़ेगी?जवाब: सरकार का दावा है कि PPP 2.0 लागू होने के बाद प्रशासनिक व्यवस्था ज्यादा जवाबदेह, पारदर्शी और नागरिक केंद्रित बनेगी। मुख्यमंत्री नायब सैनी ने अधिकारियों को दिसंबर 2026 तक PPP 2.0 को पूरी तरह लागू करने के निर्देश दिए हैं। सरकार का कहना है कि यह परियोजना भविष्य में नीति निर्माण, योजनाओं की निगरानी और जनहित से जुड़े फैसलों को अधिक वैज्ञानिक और प्रभावी बनाएगी। इसे डिजिटल गवर्नेंस की दिशा में बड़ा कदम माना जा रहा है। सवाल: फैमिली आईडी में उम्र सत्यापन को लेकर क्या नया नियम आया है?जवाब: अब फैमिली आईडी (PPP) में उम्र सत्यापन के लिए बड़ी संतान का जन्म प्रमाण पत्र भी मान्य होगा। इससे खासकर बुजुर्ग लोगों को राहत मिलेगी, जिनके पास खुद का जन्म प्रमाण पत्र नहीं है। सवाल: इसका सबसे ज्यादा फायदा किसे मिलेगा?जवाब: ग्रामीण और पिछड़े क्षेत्रों के उन बुजुर्ग नागरिकों को फायदा मिलेगा, जिनके जन्म का रिकॉर्ड पुराने समय में दर्ज नहीं हुआ था और उन्हें पेंशन या अन्य योजनाओं में परेशानी आती थी। दरअसल, अब फैमिली आईडी में ऐज वेरिफिकेशन के लिए बड़ी संतान के जन्म प्रणाण पत्र को भी आधार माना जाएगा। इससे उन बुजुर्गों को राहत मिलेगी, जिनके पास पुराने समय के जन्म प्रमाण पत्र नहीं हैं। सवाल: किसान परिवारों को क्या लाभ होगा?जवाब: पांच लाख रुपए तक की किसान ई-खरीद को परिवार की आमदनी में शामिल नहीं किया जाएगा। इस फैसले से विशेष रूप से बुढ़ापा पेंशन, विधवा पेंशन और विदुर पेंशन के लाभार्थियों को राहत मिल सकेगी। कई बार छोटे स्तर के डिजिटल लेनदेन के कारण लोगों की इनकम अधिक दर्शाई जाती थी, जिससे पात्र लोग योजनाओं से वंचित हो जाते थे। सवाल: बिजली बिल को लेकर क्या नया नियम बना?सवाल: अब फैमिली आईडी में केवल बिजली बिल का वास्तविक भुगतान ही दर्ज किया जाएगा। अगर बिजली बिल में ज्यादा राशि दिखाई गई है, लेकिन उपभोक्ता ने वास्तविक भुगतान कम किया है, तो उसी भुगतान को आधार माना जाएगा। लोगों की आय और खर्च का अधिक सही रिकॉर्ड बनेगा और गलत डेटा के कारण योजनाओं से बाहर होने की समस्या कम होगी। सवाल: सरकार का मुख्य उद्देश्य क्या है?जवाब: सरकार का कहना है कि फैमिली आईडी में केवल वास्तविक और सत्यापित जानकारी ही जोड़ी जाएगी, ताकि गरीब, जरूरतमंद और बुजुर्ग लोगों तक योजनाओं का लाभ सही तरीके से पहुंच सके।
भोपाल में शनिवार रात एक बेकाबू कार ने शहर के कई इलाकों में दहशत फैला दी। नशे में धुत युवकों ने तेज रफ्तार कार से सड़क पर जो मिला, उसे टक्कर मारते हुए करीब 10 से 12 किलोमीटर तक उत्पात मचाया। घटना में कई लोगों के घायल होने की सूचना है। हालांकि, देर रात तक किसी की मौत की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई थी। घटना रात करीब 9 से 9:30 बजे के बीच की बताई जा रही है। जानकारी के अनुसार, सर्वा दुबे, आदित्य, तुषार खरे और संभव जायसवाल सहित कुछ युवक बैरागढ़ इलाके में जन्मदिन मनाने के लिए एकत्र हुए थे। यहां पार्टी के दौरान शराब पीने के बाद सभी युवक टोयोटा हाइराइडर कार से निकले। शुरुआत में कार आदित्य चला रहा था, लेकिन स्टेशन के पास पहुंचने के बाद उसने गाड़ी सर्वा दुबे को सौंप दी। इसके बाद सर्वा ने तेज रफ्तार में गाड़ी दौड़ानी शुरू कर दी और रास्ते में ठेले, दोपहिया वाहन और राहगीरों को टक्कर मारता हुआ आगे बढ़ता गया। कीर्ति मेडिकल के पास से लेकर अशोका गार्डन, अयोध्या नगर, कोलार रोड और मीनाल क्षेत्र तक कार ने कई जगह लोगों को चपेट में लिया। पुलिस आरक्षक को भी मारी टक्कर, फिर शुरू हुआ पीछाबताया जा रहा है कि आरोपियों ने एक पुलिस आरक्षक को भी टक्कर मार दी, जिसके बाद पुलिस सक्रिय हो गई और पीछा शुरू किया। तीन थाना क्षेत्रों की पुलिस ने मिलकर कार का पीछा किया। करीब 10-12 किलोमीटर तक भागने के बाद आरोपियों को मीनाल क्षेत्र के पास घेर लिया। गुस्साई भीड़ ने घेरा, पुलिस ने बचाकर निकालाघटना के बाद आक्रोशित भीड़ ने आरोपियों को घेर लिया था। हालात इतने तनावपूर्ण थे कि पुलिस को आरोपियों को भीड़ से बचाकर निकालना पड़ा। मौके पर हजारों लोग जमा हो गए थे और स्थिति बेकाबू होने लगी थी। पुलिस ने दो आरोपियों को सुरक्षित हिरासत में लिया, जबकि अन्य के फरार होने की आशंका जताई जा रही है। घायलों को अयोध्या नगर और अशोका गार्डन क्षेत्र के अस्पतालों में होने की संभावना है। अभी तक कुल घायलों की संख्या स्पष्ट नहीं हो पाई है, लेकिन संख्या अधिक बताई जा रही है। पुलिस कर रही मामले की जांचबजरिया थाना प्रभारी शिल्पा गौरव के अनुसार, घटना बेहद गंभीर है और पूरे घटनाक्रम की जांच की जा रही है। आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
बरेली का सबसे प्रतिष्ठित और पुराना क्लब एक बार फिर से इतिहास रचने का गवाह बना। शनिवार की शाम बरेली क्लब का फ्रंट लॉन रोशनी से नहाया हुआ था, जहां शहर के कई बड़े अधिकारी, सेना के अफसर और जानी-मानी हस्तियां अपने परिवारों के साथ इस जादुई शाम का हिस्सा बनने पहुंचे। मौका था बरेली क्लब लिमिटेड के सालाना और सबसे बड़े सिग्नेचर इवेंट 'मे क्वीन बॉल 2026' के ग्रैंड फिनाले का। इस बार की प्रतियोगिता में एसआर इंटरनेशनल स्कूल में 12वीं क्लास की छात्रा आद्या सिंह ने अपनी खूबसूरती और समझदारी का लोहा मनवाते हुए 'मे क्वीन 2026' का खिताब अपने नाम कर लिया। जैसे ही विनर के रूप में आद्या सिंह के नाम की घोषणा हुई, पूरा बरेली क्लब मैदान तालियों की गड़गड़ाहट और हूटिंग से गूंज उठा। जीत के बाद छलके मां-बाप के खुशी के आंसूस्टेज पर जब आद्या सिंह को चमचमाता हुआ क्राउन पहनाया गया और उनके कंधों पर मे क्वीन का सैश सजाया गया, तो सामने बैठे उनके माता-पिता खुद को भावुक होने से नहीं रोक पाए। आद्या सिंह के पिता लेफ्टिनेंट कर्नल अभिनव सिंह और मां श्वेता सिंह की आंखों में खुशी के आंसू आ गए। उन्होंने तुरंत अपनी बेटी को गले लगा लिया और ढेर सारा प्यार दिया। आत्याआद्या सिंह ने अपनी इस सफलता का पूरा क्रेडिट अपने पेरेंट्स और दोस्तों को दिया, जिन्होंने इस पूरे सफर में उनका हौसला बढ़ाया और हर कदम पर उनका सपोर्ट किया। प्रियंका चोपड़ा की तरह मिस वर्ल्ड बनने का है सपनाअपनी इस शानदार जीत पर खुशी जाहिर करते हुए आद्या सिंह ने कहा कि यह उनके लिए किसी सपने के सच होने जैसा है। उन्होंने बताया कि वह पिछले साल से ही इस कांटेस्ट के लिए खुद को तैयार कर रही थीं। पिछले साल कुछ वजहों से चीजें वैसी नहीं हो पाईं जैसी उन्होंने सोची थीं, लेकिन उन्होंने हार नहीं मानी और इस साल पूरी तैयारी के साथ मैदान में उतरीं। आद्या सिंह ने कहा कि यह वही ऐतिहासिक मंच है जहां से कभी बॉलीवुड की मशहूर एक्ट्रेस प्रियंका चोपड़ा ने अपने करियर की शुरुआत की थी और यहीं से वो मिस वर्ल्ड के सफर तक पहुंची थीं। आद्या सिंह प्रियंका चोपड़ा को अपनी सबसे बड़ी इंस्पिरेशन मानती हैं और उनकी ख्वाहिश भी इसी रास्ते पर चलकर देश-दुनिया में अपनी एक अलग पहचान बनाने की है। अनुष्का आनंद बनीं फर्स्ट रनर अप, विमेंस के लिए करना चाहती हैं कामइस कांटेस्ट में कांटे की टक्कर देते हुए अनुष्का आनंद को फर्स्ट रनर अप चुना गया। अनुष्का भी अपनी इस अचीवमेंट से बेहद खुश नजर आईं। उन्होंने बताया कि वह मूल रूप से एक डांसर हैं, इसलिए मॉडलिंग और रैंप वॉक का यह पूरा एक्सपीरियंस उनके लिए बिल्कुल नया और बेहद खास था। उन्होंने बरेली क्लब का शुक्रिया अदा किया जिसने उन्हें अपनी बात रखने के लिए इतना बड़ा प्लेटफॉर्म दिया। अपने फ्यूचर प्लान्स के बारे में बात करते हुए अनुष्का ने बताया कि वो आगे चलकर एक एंटरप्रेन्योर बनना चाहती हैं और महिलाओं के लिए कुछ बड़ा करना चाहती हैं। वो चाहती हैं कि समाज की लड़कियां और महिलाएं उनसे इंस्पायर होकर आगे आएं, अपने सपनों को पूरा करें और अपनी आवाज बुलंद करें। तीन दशक से बरेली की लड़कियों को पंख दे रहा है यह मंचबरेली क्लब का 'मे क्वीन बॉल' पिछले तीन दशकों से भी ज्यादा समय से शहर का सबसे पसंदीदा और चर्चित शो रहा है। इस साल भी इस प्रतियोगिता को लेकर लड़कियों में जबरदस्त क्रेज देखा गया। 16 से 25 वर्ष की कई अविवाहित लड़कियों ने इसके लिए रजिस्ट्रेशन कराया था। इसके बाद मिसेज इंडिया वर्ल्डवाइड अमन गरेवाल के खास गाइडेंस में इन सभी सिलेक्टेड कंटेस्टेंट्स के लिए प्रोफेशनल ग्रूमिंग और ग्रैंड ट्रेनिंग सेशन रखे गए, जहां इन्हें रैंप वॉक से लेकर स्टेज पर बात करने के गुर सिखाए गए। फिनाले की रात जजेस ने चार अलग-अलग राउंड्स में लड़कियों के कॉन्फिडेंस, टैलेंट और ब्यूटी को परखने के बाद विजेताओं का फैसला किया। इस शानदार प्रतियोगिता में हर्षिता नेगी, अंशी वजूरिया, महिमा सिंह, बबिता और उन्नति देवल जैसी कई कंटेस्टेंट्स ने भी हिस्सा लिया और अपनी परफॉर्मेंस से जजेस का दिल जीता।
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने सपा सांसद अफजाल अंसारी के चचेरे भाई मंसूर अंसारी की दुकानों के रिलीज से जुड़े अवमानना मामले में गाजीपुर के डीएम अनुपम शुक्ल को कारण बताओ नोटिस जारी किया है। कोर्ट ने उन्हें आदेश का अनुपालन न करने पर स्पष्टीकरण देने को कहा है। साथ ही मामले पर अगली सुनवाई के लिए 14 जुलाई की तारीख तय करते हुए इसे शीर्ष दस मुकदमों में सूचीबद्ध करने का निर्देश दिया है। यह आदेश न्यायमूर्ति क्षितिज शैलेंद्र ने मंसूर अंसारी की अवमानना याचिका पर दिया है। पूर्व में डीएम अविनाश कुमार को पक्षकार बनाया गया था। गाजीपुर में नए डीएम की तैनाती होने के कारण अधिवक्ता ने उन्हें पक्षकार बनाने के लिए प्रार्थना पत्र दिया। जानिये क्या है मामला कोर्ट ने नए डीएम को पक्षकार बनाने की अनुमति देते हुए वर्तमान डीएम अनुपम शुक्ल को विपक्षी संख्या-2 के रूप में याचिका में शामिल करने को कहा। इसके पूर्व कोर्ट को बताया कि गाजीपुर के डीएम ने 26 दिसंबर 2023 के आदेश से सपा सांसद अफजाल अंसारी के चचेरे भाई मंसूर अंसारी की 18 दुकानें गैंगस्टर एक्ट के तहत जब्त कर ली थीं। मंसूर अंसारी ने इसके विरुद्ध गाजीपुर में गैंगस्टर एक्ट की विशेष अदालत में प्रार्थना पत्र दिया, जो खारिज हो गया। इसके बाद उसने हाईकोर्ट में याचिका दाखिल की, जिस पर सुनवाई के बाद कोर्ट ने गत 12 मार्च को विशेष अदालत गैंगस्टर एक्ट और डीएम गाजीपुर के आदेशों को निरस्त करते हुए जब्त संपत्ति रिलीज करने का निर्देश दिया। अवमानना याचिका में आरोप है कि इस आदेश का अनुपालन नहीं किया जा रहा है।
मध्यप्रदेश के श्योपुर में जमीन विवाद को लेकर हुई अंधाधुंध फायरिंग में एक आदिवासी किसान की हत्या कर दी गई। इसके बाद हालात तनावपूर्ण हो गए। किसान की मौत से गुस्साए ग्रामीणों ने कराहल थाने का घेराव कर दिया, पुलिस वाहनों में तोड़फोड़ की और श्योपुर-शिवपुरी हाईवे पर चक्काजाम कर दिया। हालात बिगड़ने पर पुलिस को लाठीचार्ज करना पड़ा और आंसू गैस के गोले छोड़कर भीड़ को काबू करना पड़ा। घटना की गंभीरता को देखते हुए आधा दर्जन से अधिक थानों का पुलिस बल मौके पर तैनात किया गया है। विधायक मुकेश मल्होत्रा, प्रशासनिक अधिकारी और वरिष्ठ पुलिस अधिकारी भी मौके पर पहुंचे। फिलहाल क्षेत्र में तनाव बना हुआ है, लेकिन स्थिति नियंत्रण में बताई जा रही है। स्कॉर्पियो से खेत पर पहुंचे करीब 12 हमलावर जानकारी के अनुसार, राजस्व विभाग ने हाल ही में विवादित जमीन का सीमांकन किया था, लेकिन कब्जे को लेकर विवाद बना हुआ था। शनिवार शाम गंगाराम आदिवासी अपने खेत पर काम कर रहे थे। इसी दौरान स्कॉर्पियो से पहुंचे 10-12 हमलावरों ने उन पर हमला कर दिया। आरोपियों ने की सात राउंड फायरिंगबताया जा रहा है कि वाहन से उतरते ही आरोपियों ने करीब सात राउंड फायरिंग की। एक गोली गंगाराम आदिवासी के पेट में लगी, जिससे वे गंभीर रूप से घायल होकर जमीन पर गिर पड़े। सूचना मिलने पर पुलिस उन्हें अस्पताल लेकर पहुंची, जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। सरपंच और उनके भाई से भी मारपीटफायरिंग के बाद आरोपियों ने खेत पर मौजूद अन्य लोगों को भी निशाना बनाया। हमलावरों ने पनवाड़ा सरपंच रामावतार आदिवासी और उनके भाई बाबूलाल आदिवासी के साथ लाठी-डंडों से मारपीट की। इस हमले में कुछ अन्य ग्रामीण भी घायल हुए हैं। महिला समेत 6 लोगों पर हत्या का केसकराहल पुलिस ने मामले में एक महिला समेत छह नामजद आरोपियों के खिलाफ हत्या सहित अन्य धाराओं में केस दर्ज किया है। पुलिस की टीमें आरोपियों की तलाश में संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही हैं। प्राथमिक जांच में मामला पुरानी रंजिश और भूमि विवाद से जुड़ा माना जा रहा है। पूरे क्षेत्र में पुलिस गश्त बढ़ा दी गई है।
अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रूबियो सोमवार को ताजमहल का दौरा करेंगे। तीन दिन के भारत दौरे पर आए रूबियो सुबह 9:30 बजे विशेष विमान से खेरिया स्थित एयरफोर्स स्टेशन पहुंचेंगे। वहां से उनका काफिला सीधे ताजमहल जाएगा। सुबह 10:05 बजे वह ताजमहल परिसर में प्रवेश करेंगे और करीब एक घंटे तक स्मारक में रहेंगे। इसके बाद वह आगरा से जयपुर रवाना हो जाएंगे। रूबियो के दौरे को लेकर प्रशासन और सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट मोड पर हैं। ताजमहल के अंदर उनके लिए विशेष सुरक्षा प्रोटोकॉल लागू रहेगा। हालांकि, उनके भ्रमण के दौरान भी ताजमहल पर्यटकों के लिए खुला रहेगा। अमेरिकी अधिकारियों की ओर से ताजमहल को अस्थायी रूप से बंद रखने का सुझाव दिया गया था, लेकिन नियमों का हवाला देते हुए इसे अस्वीकार कर दिया गया। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि ताजमहल केवल राष्ट्राध्यक्षों के दौरे के समय ही आम पर्यटकों के लिए बंद किया जाता है। शुक्रवार दोपहर विदेश मंत्रालय और स्थानीय प्रशासन के बीच हुई बैठक के बाद ताजमहल को खुला रखने पर सहमति बनी। हालांकि, सुरक्षा कारणों से पर्यटकों की आवाजाही पर कुछ समय के लिए रोक-टोक और चेकिंग बढ़ सकती है। स्मारक के अंदर और आसपास सुरक्षा बलों की अतिरिक्त तैनाती की जाएगी। अमेरिकी विदेश मंत्री के दौरे से पहले अमेरिकी सुरक्षा एजेंसियों की एडवांस टीम तीन बार आगरा आ चुकी है। टीम ने एयरपोर्ट से ताजमहल तक के पूरे रूट, पार्किंग, एंट्री पॉइंट और सुरक्षा इंतजामों का निरीक्षण किया। रविवार को खेरिया एयरफोर्स स्टेशन से ताजमहल तक सुरक्षा व्यवस्थाओं का फुल ड्रेस रिहर्सल भी किया जाएगा।
हरियाणा में अंबाला के बिचपड़ी गांव में शनिवार शाम मिट्टी खनन के ठेके को लेकर चल रहे पारिवारिक विवाद ने खूनी रूप ले लिया। हिस्सेदारी को लेकर हुई बहस के दौरान एक युवक ने तैश में आकर अंधाधुंध फायरिंग कर दी। घटना में 95 वर्षीय बुजुर्ग महिला समेत तीन लोगों की मौत हो गई, जबकि एक महिला गंभीर रूप से घायल है। वारदात के बाद आरोपी मौके से फरार हो गया और पुलिस उसकी तलाश में जुटी है। विवाद ने लिया हिंसक रूपपुलिस के अनुसार गांव बिचपड़ी में दो किला जमीन से मिट्टी निकालने का ठेका चल रहा था। इसी ठेके में हिस्सेदारी को लेकर परिवार के भीतर पिछले कुछ समय से विवाद बना हुआ था। शनिवार शाम करीब 4:30 बजे इसी बात को लेकर फिर से कहासुनी हो गई, जो देखते ही देखते हिंसक झगड़े में बदल गई। दादी पर पहली गोली, मौके पर मौतविवाद के दौरान अभिषेक नामक युवक ने अपने पास मौजूद पिस्तौल निकाल ली और फायरिंग शुरू कर दी। उसने सबसे पहले अपनी 95 वर्षीय दादी इसरो देवी को निशाना बनाया। गोली लगते ही इसरो देवी जमीन पर गिर पड़ीं और उन्होंने मौके पर ही दम तोड़ दिया। बीच-बचाव करने आए परिजनों को भी मारी गोलीदादी को गोली मारने के बाद आरोपी ने बीच-बचाव करने आए अपने बड़े भाई संदीप, चाचा महेंद्र और चाची पर भी गोलियां चला दीं। फायरिंग में तीनों गंभीर रूप से घायल हो गए, जिससे मौके पर अफरा-तफरी मच गई। अस्पताल ले जाते समय दो की मौतग्रामीणों और परिजनों की मदद से घायलों को तुरंत अस्पताल पहुंचाया गया। प्राथमिक उपचार के बाद डॉक्टरों ने हालत गंभीर देखते हुए तीनों को चंडीगढ़ के पीजीआई अस्पताल रेफर कर दिया। रास्ते में ही चाचा महेंद्र और भाई संदीप ने भी दम तोड़ दिया, जबकि चाची का इलाज जारी है। पुलिस जांच में जुटी, आरोपी फरारघटना की सूचना मिलते ही पुलिस बल के साथ आला अधिकारी मौके पर पहुंचे और घटनास्थल का निरीक्षण किया। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है और फरार आरोपी अभिषेक की तलाश के लिए टीमें गठित की गई हैं।
नौबस्ता में शराब पीने का विरोध करने में पत्नी पर हमला करने दौड़े लोडर चालक की गर्दन में चाकू लगने से मौत हो गई। परिजन उसे लहूलुहान हालत में हैलट अस्पताल लेकर पहुंचे थे, जहां उसे मृत घोषित कर दिया गया। सूचना पर पुलिस शव को मोर्चरी में रखवा कर मामले की जांच में जुटी है। पढ़िए पूरा घटनाक्रम… आवास विकास हंसपुरम निवासी 36 वर्षीय रंजीत वर्मा लोडर चलाकर परिवार का भरण-पोषण करते थे। परिवार में पत्नी निधि वर्मा और दो बेटियां एंजेल वर्मा व क्रिस्टल वर्मा हैं। शुक्रवार सुबह घर में रंजीत, उनकी पत्नी और छोटी बेटी क्रिस्टल मौजूद थीं, जबकि बड़ी बेटी कोचिंग गई थी। बेटी क्रिस्टल ने बताया कि शुक्रवार सुबह करीब 9:30 बजे मां ने पिता को शराब पीने से मना किया था। इसी बात को लेकर दोनों के बीच झगड़ा और मारपीट होने लगी। इसी दौरान पिता किचन से चाकू उठाकर मां पर हमला करने के लिए दौड़े। मां ने बचाव में उनका हाथ पकड़ने की कोशिश की। छीना झपटी के दौरान पिता लड़खड़ाकर जमीन पर गिर गए। इसी दौरान हाथ में पकड़ा चाकू उनकी गर्दन में धंस गया, जिससे वह लहूलुहान हो गए। मां के शोर मचाने पर चाचा कुलदीप कमरे में पहुंचे और फिर आनन-फानन में उन्हें हैलट अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां पहुंचने से पहले उनकी मौत हो गई। फोरेंसिक टीम ने जुटाए साक्ष्य नौबस्ता इंस्पेक्टर बहादुर सिंह ने बताया कि स्वरूप नगर पुलिस के जरिए उन्हें सूचना मिली थी। मौके पर पहुंचे तो घटनास्थल पर फैला खून साफ किया जा चुका था। शुरूआती जांच में सामने आया कि बड़ी बेटी ने खून साफ किया था। पुलिस ने घटना में प्रयुक्त चाकू को कब्जे में ले लिया है। फोरेंसिक टीम को मौके पर बुलाकर साक्ष्य जुटाए जा रहे हैं। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और फोरेंसिक जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
भोपाल के इनायतपुर में बिजली कंपनी ने बड़ी बिजली चोरी पकड़ी है। एक घर में परमिशन सिर्फ 4 किलोवॉट थी, लेकिन जब अफसरों की टीम यहां पहुंची तो उनकी आंखें खुली रह गईं। यहां पर 50 किलोवॉट से ज्यादा बिजली का उपयोग हो रहा था। बिजली कंपनी ने दो आलीशान हवेलियों में यह कार्रवाई की। यहां घरेलू कनेक्शन की आड़ में मिनी-कॉमर्शियल स्तर का भारी लोड चोरी की बिजली से चलाया जा रहा था। बिजली कंपनी की विजिलेंस टीम मौके पर पहुंची। जांच में पता चला कि मीटर के इनकमिंग साइड में फ्लेक्सिबल कॉपर वायर जोड़कर सीधे सप्लाई लेने और दीवारों के भीतर सर्विस केबल से गुप्त टैपिंग कर बिजली चोरी की जा रही थी। इन दो जगहों पर कार्रवाई घरेलू कनेक्शन का उपयोग ही होता हैएक्सपर्ट की माने तो सामान्य 4 से 5 किलोवॉट के घरेलू कनेक्शन पर सीमित घरेलू उपकरण ही आराम से संचालित हो सकते हैं, लेकिन 50 से 65 किलोवॉट तक का लोड छोटे होटल, मिनी इंडस्ट्री या बड़े कॉमर्शियल प्रतिष्ठान के बराबर माना जाता है। इतनी बड़ी मात्रा में अवैध लोड चलने से ट्रांसफॉर्मर पर दबाव बढ़ता है। केबल जब्त कर पंचनामा बनाया, 19 प्रकरण दर्जअन्य कार्रवाई में मशरूर खान के नाम वाले परिसर में टीम पहुंची तो घर में ताला लगाकर लोग गायब हो गए। विजिलेंस अमला पड़ोसी के मकान की छत पर चढ़ा और वहां से संदिग्ध केबल तक पहुंचकर लाइन काटी। अधिकारियों ने केबल जब्त कर पंचनामा बनाया। इनके खिलाफ बिजली अधिनियम की धारा-135 के तहत 19 प्रकरण दर्ज किए गए। कुल 41 प्रकरणों में 31.36 लाख रुपए की वसूली तय की गई।
रुस्तमपुर क्षेत्र में शुक्रवार की पूरी रात लोगों को बिजली आपूर्ति बाधित होने से समस्या का सामना करना पड़ा। गर्मी से परेशान लोगों ने हंगामा कर दिया और हाईवे जाम करने की कोशिश की। जिसके बाद मुख्य अभियंता पंकज अग्रवाल और अधीक्षण अभियंता (एसई) शहर रणजीत चौधरी रात भर फील्ड में रहे। एक-एक जगह चेक कराने के बाद बरहुआ स्थित ट्रांसमिशन उपकेंद्र में गड़बड़ी मिली। जिसे ठीक कराकर रुस्तमपुर क्षेत्र में आपूर्ति बहाल की गई। शनिवार को इस क्षेत्र में बिजली व्यवस्था सामान्य रही। लोगों ने भी राहत की सांस ली है। बिजली निगम के दोनों वरिष्ठ अधिाकरियों ने रुस्तमपुर क्षेत्र को समस्या से राहत देने के लिए शुक्रवार की पूरी रात रुस्तमपुर उपकेंद्र से बरहुआ ट्रांसमिशन उपकेंद्र तक लाइन चेक कराया। एसई ने बरहुआ में जांच कराई तो गड़बड़ी मिली। इस गड़बड़ी को दूर कर बिजली आपूर्ति शुरू कराई गई। मौके पर पहुंचे मुख्य अभियंता एवं एसई ने लोगों को राहत देने के लिए शहर के विभिन्न हिस्सों से 7 जेई को मौके पर बुलाया गया। इसके बाद गड़बड़ी की तलाश शुरू करा दी गई। इसी कारण देर रात आपूर्ति बहाल हो सकी। इसके बाद भी बिजली आती-जाती रही। जानिए क्या थी समस्या रुस्तमपुर उपकेंद्र बुधवार पूरी रात बंद था। गुरुवार सुबह आपूर्ति शुरू कराई जा सकी। शुक्रवार की रात एक बार फिर रात तकरीबन 10 बजे रुस्तमपुर उपकेंद्र से आपूर्ति ठप हो गई। जिसके बाद लोगों ने विरोध कर दिया। इसके बाद वरिष्ठ अधिकारियों ने कमान संभाली। अधीक्षण अभियंता शहर ने बताया कि उपभोक्ताओं को निर्बाध बिजली आपूर्ति देने के साथ ही उनकी समस्याओं का समाधान कराना सभी अभियंताओं व कर्मचारियों का दायित्व है। इसमें लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। लापरवाही पर हुई कार्रवाई रुस्तमपुर उपकेंद्र शुक्रवार की रात बंद होने के मामले में अवर अभियंता मिथिलेश कुमार को नोटिस दिया गया है। अवर अभियंता को निलंबित भी किया जा सकता है। इसके पहले आपूर्ति में लापरवाही बरतने वाले संदीप कुमार को नगरीया परीक्षण खंड से संबद्ध किया जा चुका है।
प्रयागराज में हिस्ट्रीशीटर सक्षम पंडा (35) की गोली मारकर हत्या के मामले में अहम जानकारी सामने आई है। पता चला है कि जेल भेजे गए दो हत्यारोपियों में से एक करीब महीने भर पहले ही जेल से छूटकर आया था। वहीं दूसरा पुलिस रिकॉर्ड में फरार चल रहा था। दोनों सक्षम पर हुई फायरिंग के मामले के आरोपी थे। दरअसल 13 मार्च को सक्षम पर मुट्ठीगंज में आधी रात फायरिंग हुई थी। इस मामले में मुख्य आरोपी विमल पंडा, उसका भाई कमल, लकी पंडा और संदीप कनौजिया का नाम आया था। बाद में विवेचना में नाम प्रकाश में आने पर आकाश अरोड़ा उर्फ भोला पंजाबी को भी आरोपी बनाया गया था। वारदात की 3 तस्वीरें देखिए- आकाश इस मामले में जेल भेजा गया था और 18 अप्रैल को उसे जमानत मिल गई थी। मुट्ठीगंज पुलिस पर्याप्त साक्ष्य नहीं प्रस्तुत कर पाई थी और इसी आधार पर उसे जमानत मिल गई थी। उधर विमल और उसका भाई कमल इस मामले में फरार थे और पुलिस उन्हें पकड़ नहीं सकी। उधर मृतक के पिता ज्ञानबाबू शर्मा ने आरोप लगाया कि पुलिस सिर्फ विमल को ढूंढ़ने का नाटक करती रही। जबकि वह खुलेआम घूमता रहा और आखिरकार उसने उनके बेटे को मौत के घाट उतार दिया। विमल के भाई, पत्नी की तलाश इस मामले में पुलिस ने भोला पंजाबी को कुछ देर बाद ही गिरफ्तार कर लिया था। साथ ही कुछ घंटों बाद विमल को भी पकड़ लिया। दोनों शुक्रवार को जेल भेज दिए गए। इस मामले में अब पुलिस को विमल के भाई कमल और उसकी पत्नी शुभि के साथ ही एक अन्य की तलाश है जो नामजद आरोपी हैं। कमल 13 मार्च को सक्षम पर हुई फायरिंग के मामले में भी नामजद था। हिस्ट्रीशीटरों की निगरानी पर उठे सवाल मुट्ठीगंज में हुई यह वारदात हिस्ट्रीशीटरों की निगरानी प्रणाली व्यवस्था पर भी सवाल खड़े कर रही है। बड़ा सवाल यह है कि अतरसुइया पुलिस के रिकॉर्ड में 10 मुकदमों वाले हिस्ट्रीशीटर विमल के क्रियाकलापों पर आखिर कैसे निगरानी रखी जा रही थी। हत्या के प्रयास में वांछित होने के बाद भी आखिर उसने कैसे हत्या की वारदात को अंजाम देने का दुस्साहस किया। पुलिस को समय रहते ही उसके इरादों की भनक कैसे नहीं लगी। इस मामले में दारागंज पुलिस की सक्रियता पर भी सवाल खड़े हो रहे हैं। दरअसल रात में ही दोनों पक्षों के बीच विवाद की जानकारी होने के बावजूद मामले में कोई कार्रवाई नहीं की गई। आरोपी विमल के परिवारवालाें ने रात में ही आरोप लगाया था कि गंगा घाट पर स्थित उनके घाट पर सक्षम व उसके साथियों ने आकर आगजनी की। अब सवाल यह है कि आखिर क्यों समय रहते पुलिस ने एक्शन नहीं लिया। फोन करके घर के बाहर बुलायासक्षम पांडा मुट्ठीगंज थाना क्षेत्र के मालवीय नगर का रहने वाला था। सक्षम की मां ने बताया कि बुधवार रात बेटे ने परिवार के साथ खाना खाया था, इसके बाद सोने चला गया। गुरुवार सुबह किसी का फोन आया, इसके बाद वह घर से चला गया। कुछ देर बाद पता चला कि बेटे की हत्या कर दी गई है। हम लोग मौके पर पहुंचे तो वह खून से लथपथ जमीन पर पड़ा था। पहले बातचीत की, घर लौटा तो पीछे से आकर मारी गोलीपुलिस के मुताबिक, आरोपी ने हिस्ट्रीशीटर को फोन कर घर से 100 मीटर दूर बुलाया और उससे काफी देर तक बातचीत की। इसके बाद दोनों हमलावर अपने घर की तरफ चले गए। हिस्ट्रीशीटर भी अपने घर पहुंच गया। वह अपने घर की सीढ़ियों पर खड़ा था, तभी पीछे से वापस दोनों हमलावर आ गए और उसे गोली मार दी। CCTV में क्या दिख रहा, जानिएCCTV फुटेज में दिख रहा है कि हिस्ट्रीशीटर सीढ़ियों पर खड़ा है। इसी दौरान पीछे से दोनों हमलावर स्कूटी से आते हैं और पास पहुंचते ही गोली मार देते हैं। गोली लगते ही हिस्ट्रीशीटर पहले घर की तरफ भागता है, फिर अचानक पीछे मुड़कर गली की ओर भाग जाता है। हमलावरों ने उसका पीछा किया और करीब 50 मीटर दूर जाकर उसे एक और गोली मार दी, जिससे वह जमीन पर गिर पड़ा। इसके बाद हमलावरों ने उस पर गोलियां चला दीं। पहले एक आरोपी पैदल भागा, जबकि दूसरा स्कूटी से फरार हुआ। हालांकि, बाद में स्कूटी सवार हमलावर वापस आया और दूसरे आरोपी को स्कूटी पर बैठाकर ले गया। डीसीपी सिटी मनीष कुमार शांडिल्य ने बताया- इस मामले में पांच लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है। इनमें भोले पंजाबी, विमल पंडा, शुभि, कमल और एक अन्य आरोपी शामिल हैं। भोले व विमल को अरेस्ट कर लिया है, बाकी की तलाश की जा रही है। विमल पंडा पर कुल 10 मुकदमे दर्ज हैं। वह अतरसुइया थाने का हिस्ट्रीशीटर है। विमल हत्या के प्रयास के एक मामले में फरार चल रहा था और उसके खिलाफ गैर जमानती वारंट भी जारी था। वहीं, मृतक सक्षम भी हिस्ट्रीशीटर था। उसके खिलाफ मुट्ठीगंज थाने में आर्म्स एक्ट और हत्या समेत आठ मुकदमे दर्ज हैं। -----------------------------
सीतापुर के शहर कोतवाली क्षेत्र स्थित जिला अस्पताल परिसर में शनिवार रात उस समय हड़कंप मच गया, जब गाड़ी खड़ी करने को लेकर हुए विवाद में एक युवक ने ड्यूटी पर तैनात होमगार्ड पर डंडे से हमला कर दिया। हमले में होमगार्ड गंभीर रूप से घायल हो गया। घटना के बाद अस्पताल परिसर में अफरा-तफरी का माहौल बन गया। शनिवार रात करीब 10 बजे जिला अस्पताल में ड्यूटी कर रहे होमगार्ड अजय सिंह की किसी बात को लेकर एक युवक से कहासुनी हो गई। बताया जा रहा है कि विवाद वाहन खड़ा करने को लेकर शुरू हुआ था। देखते ही देखते मामला इतना बढ़ गया कि युवक ने गुस्से में आकर डंडे से हमला कर दिया। हमले में होमगार्ड अजय सिंह के सिर में गंभीर चोट आई। घटना के बाद मौके पर मौजूद लोगों ने बीच-बचाव कर घायल होमगार्ड को उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया। सूचना मिलते ही पुलिस भी मौके पर पहुंच गई। बताया जा रहा है कि आरोपी युवक की पहचान सुबोध के रूप में हुई है, जो डीपीआरओ कार्यालय में चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी बताया जा रहा है। पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए आरोपी सुबोध को हिरासत में ले लिया है और उससे पूछताछ की जा रही है। घटना के बाद जिला अस्पताल परिसर में काफी देर तक तनाव का माहौल बना रहा। वहीं ड्यूटी पर तैनात कर्मचारियों और होमगार्ड जवानों में घटना को लेकर आक्रोश देखा गया। पुलिस का कहना है कि मामले की जांच की जा रही है। घायल होमगार्ड का चिकित्सकीय परीक्षण कराया गया है और तहरीर के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
संभल में पिकअप की टक्कर से युवक की मौत:गंगा एक्सप्रेस-वे के पास हादसा, 6 घंटे इलाज के बाद तोड़ा दम
संभल में एक सड़क हादसे में बाइक सवार 27 वर्षीय युवक की मौत हो गई। पिकअप की टक्कर लगने से गंभीर रूप से घायल युवक ने मुरादाबाद के एक निजी अस्पताल में इलाज के दौरान दम तोड़ दिया। यह घटना गंगा एक्सप्रेस-वे के पास हुई। यह हादसा शनिवार दोपहर करीब 3 बजे थाना नखासा क्षेत्र के गांव कसेरुआ और हिसामपुर के बीच गंगा एक्सप्रेस-वे के निकट हुआ। एक पिकअप गाड़ी ने बाइक सवार युवक को टक्कर मार दी। सूचना मिलने पर थाना पुलिस और 108 एंबुलेंस मौके पर पहुंची। घायल युवक को पहले जिला संयुक्त चिकित्सालय संभल में भर्ती कराया गया, जहां उसकी गंभीर हालत को देखते हुए डॉक्टरों ने उसे रेफर कर दिया। परिजन उसे मुरादाबाद के एक निजी अस्पताल ले गए। रात करीब 9 बजे इलाज के दौरान युवक ने दम तोड़ दिया। मृतक की पहचान नखासा थाना क्षेत्र के रह्मापुर पिपली गांव निवासी अनादिल (27 वर्षीय) पुत्र बब्बू के रूप में हुई है। थाना प्रभारी उमेश सोलंकी ने बताया कि परिजनों की शिकायत के आधार पर पिकअप गाड़ी (UP 38 AT 7956) के अज्ञात चालक के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की जा रही है। पुलिस ने शव का पंचनामा भरकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। इंस्पेक्टर के अनुसार, युवक अमरोहा के गांव ढ़ाबारसी किसी काम से जा रहा था।
लखनऊ मुख्यालय की विशेष औषधि टीम ने आगरा में तीन दिन तक चली कार्रवाई में नकली, सरकारी, एक्सपायरी और सैंपल दवाओं के बड़े सिंडिकेट का खुलासा किया है। टीम ने 18 मेडिकल स्टोरों और गोदामों पर छापा मारकर करीब 23 लाख रुपये की संदिग्ध दवाएं जब्त कीं। जांच के लिए 85 दवाओं के नमूने लिए गए हैं। कई मेडिकल स्टोरों पर दवाओं की बिक्री पर रोक लगाते हुए नोटिस जारी किए गए हैं। लखनऊ के सहायक आयुक्त औषधि बृजेश यादव ने बताया कि कार्रवाई में दिल्ली-एनसीआर से जुड़े गिरोह का पता चला है, जो नामी राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय कंपनियों के नाम पर नकली, एक्सपायरी, सरकारी और सैंपल दवाओं का अवैध कारोबार कर रहा था। गोपनीय सूचना के आधार पर टीम ने आगरा में अलग-अलग मेडिकल स्टोरों और गोदामों पर छापेमारी की। कई जगहों पर संदिग्ध दवाएं मिलीं, जो पहली नजर में नकली प्रतीत हो रही हैं। जांच के दौरान कई मेडिकल स्टोरों पर दवाओं की खरीद-बिक्री का रिकॉर्ड नहीं मिला। स्टॉक में भी भारी गड़बड़ी पाई गई। ऐसे में रिकॉर्ड प्रस्तुत न करने वाली फर्मों की 19.38 लाख रुपये की दवाओं की बिक्री पर रोक लगा दी गई। वहीं कोल्डचेन मानकों का पालन न करने वाली फर्मों की 3.6 लाख रुपये की दवाएं सीज कर दी गईं। टीम ने नमूने लेकर जांच के लिए प्रयोगशाला भेजे हैं। टीम को जांच में कई गंभीर अनियमितताएं भी मिलीं। नामी कंपनियों के नाम से हुबहू नकली दवाएं बनाई जा रही थीं। एक्सपायरी दवाओं पर केमिकल से तारीख मिटाकर नए लेबल लगाए गए थे। वहीं फिजीशियन सैंपल और सरकारी दवाओं से “नॉट फॉर सेल” चेतावनी हटाकर बाजार में बेचा जा रहा था। कार्रवाई के दौरान जीत केमिस्ट पर कोल्डचेन व्यवस्था खराब मिलने और बिल न दिखाने पर 16 लाख रुपये के इंजेक्शन फ्रीज कर दिए गए। साहनी मेडिकल एजेंसी से पांच लाख रुपये की दवाएं फ्रीज की गईं। युग फार्मा और नंदन फार्मा में बिना कोल्डचेन के जीवनरक्षक इंसुलिन का स्टॉक मिला। वीना एंटरप्राइजेज में केनाकॉर्ट इंजेक्शन की 293 संदिग्ध वायल मिलीं। ज्योति ड्रग हाउस में अवैध गोदाम से सैंपल दवाएं बरामद कर सीज की गईं। इसके अलावा श्री गणेश एंटरप्राइजेज, श्री जीएलएस फार्मा, श्री बिहारी जी फार्मा, श्री वैष्णो फार्मा, तनिष्का फार्मा समेत कई फर्मों से दवाओं के नमूने लिए गए हैं। विभाग का कहना है कि जांच रिपोर्ट आने के बाद संबंधित फर्मों के खिलाफ आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
नया सवेरा फेज एक की तरह ही फेज दो में भी लाइट एंड साउंड शो संचालित होगा। इसको लेकर कार्ययोजना बनाई जा रही है। इसपर 10 करोड़ से अधिक की लागत आएगी। ताल में म्यूजिकल फाउंटेन से ताल की खूबसूरती भी बढ़ेगी। जल्द ही इस संबंध में प्रस्ताव तैयार कर लिया जाएगा।रामगढ़ताल को और आकर्षक बनाने के लिए चिड़ियाघर के गेट से नया सवेरा फेज एक तक लगभग 1700 मीटर लंबाई में पर्यटन स्थल विकसित किया गया है। पर्यटकों की यहां काफी भीड़ हो रही है। इसे देखते हुए अब फेज 1 की तरह ही यहां भी लाइट एंड साउंड शो तथा म्यूजिकल फाउंटेन की सुविधा देने का निर्णय लिया गया है। रंग-बिरंगी लेजर लाइट्स और आधुनिक साउंड सिस्टम के जरिए शाम के समय मनोरम दृश्य दिखाया जाएगा।प्राधिकरण के अधिकारियों की मानें तो नई परियोजना पूरी होने के बाद रामगढ़ताल पूर्वांचल के प्रमुख पर्यटन स्थलों में और मजबूती से अपनी पहचान बनाएगा। साथ ही स्थानीय लोगों को मनोरंजन का नया केंद्र भी मिलेगा। परियोजना के तहत आधुनिक तकनीक आधारित म्यूजिकल फाउंटेन, सिंक्रोनाइज्ड लाइटिंग सिस्टम और आकर्षक साउंड इफेक्ट लगाए जाएंगे। शाम के समय होने वाला यह शो पर्यटकों के लिए मुख्य आकर्षण बनेगा। प्राधिकरण जल्द ही परियोजना की विस्तृत कार्ययोजना और टेंडर प्रक्रिया शुरू करने की तैयारी में है। जीडीए उपाध्यक्ष अभिनव गोपाल ने बताया कि नया सवेरा फेज दो में भी फेज एक की तरह म्यूजिकल फाउंटेन एवं लाइट एंड साउंड शो की योजना बनाई गई है। जल्द ही इस योजना को मूर्त रूप दिया जाएगा।
मैहर कोतवाली पुलिस ने शनिवार शाम कटनी रोड पर चेकिंग के दौरान एक कार से दो युवकों को 4.6 ग्राम स्मैक पाउडर के साथ गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपियों के पास से 20 पुड़िया स्मैक और तस्करी में प्रयुक्त कार बरामद की है। पकड़े गए आरोपियों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है। चेक प्वाइंट पर तलाशी में मिली स्मैक पुलिस टीम कटनी रोड पर वाहनों की जांच कर रही थी, तभी कार क्रमांक एमपी 19 सीबी 2911 को संदिग्ध लगने पर रोका गया। तलाशी लेने पर कार सवारों के पास से 20 पुड़िया में रखा कुल 4.6 ग्राम स्मैक पाउडर बरामद हुआ। जब्त मादक पदार्थ की बाजार में अनुमानित कीमत करीब 20 हजार रुपए है। मैहर निवासी रोहित और अतुल गिरफ्तार पुलिस ने मादक पदार्थ की तस्करी के आरोप में रोहित उर्फ सोनू बंगाली (35) और अतुल पांडेय (34) को गिरफ्तार किया है। दोनों आरोपी मैहर के ही रहने वाले हैं। पुलिस ने स्मैक के साथ करीब डेढ़ लाख रुपये कीमत की कार भी जब्त की है। कार्रवाई में सब इंस्पेक्टर संतोष उलाड़ी और उनकी टीम की मुख्य भूमिका रही। नशा सप्लाई चैन की तलाश में जुटी पुलिस गिरफ्तारी के बाद पुलिस आरोपियों से मादक पदार्थ के स्रोत और सप्लायर के संबंध में पूछताछ कर रही है। पुलिस यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि यह स्मैक कहां से लाई गई थी और शहर में किन लोगों को बेची जानी थी। म
आबूरोड में एक युवती से शादी का झांसा देकर दुष्कर्म करने का मामला सामने आया है। पीड़िता की शिकायत पर सदर पुलिस थाना ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। युवती ने पुलिस को दी शिकायत में बताया- साल 2024 में मैं माउंट आबू घूमने आई थी। इसी दौरान एक युवक से जान पहचान हुई थी। दोनों ने मोबाइल नंबर शेयर किए थे। धीरे-धीरे चैट एवं मैसेज के जरिए बातचीत बढ़ने लगी। शादी का वादा कर दुष्कर्म करने का आरोप पीड़िता का आरोप है कि युवक ने माउंट आबू घूमने के दौरान उससे शादी करने का वादा किया। इसी भरोसे में आकर वह उसके संपर्क में रही। आरोप है कि बाद में युवक ने शादी का झांसा देकर उसके साथ दुष्कर्म किया। घटना के बाद पीड़िता ने सदर पुलिस थाने पहुंचकर आरोपी युवक के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई। पुलिस जुटी मामले की जांच में पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। अधिकारियों के अनुसार पीड़िता के बयान और अन्य तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जा रही है। फिलहाल आरोपी युवक की तलाश और मामले की जांच जारी है।
जबलपुर में स्ट्रीट डॉग का आतंक थमने का नाम नहीं ले रहा है। एक सप्ताह पहले दो मासूम बहनों पर हमले की घटना के बाद अब शहर में एक 70 वर्षीय बुजुर्ग को स्ट्रीट डॉग ने बुरी तरह नोच डाला। घटना शनिवार शाम की है, जब बुजुर्ग पैदल जा रहे थे और रास्ते में कुत्ते ने उन पर हमला कर दिया। हमले में बुजुर्ग गंभीर रूप से घायल हो गए। स्थानीय लोगों ने किसी तरह कुत्ते को भगाकर उन्हें अस्पताल पहुंचाया। लगातार हो रहे हमलों से लोगों में नगर निगम के खिलाफ भारी आक्रोश है। जानकारी के मुताबिक, देवताल गढ़ा निवासी 70 वर्षीय जुगल किशोर सोनी शनिवार शाम किसी काम से त्रिपुरी चौक की ओर पैदल जा रहे थे। जैसे ही वे चौहानी मुक्तिधाम के पास पहुंचे, तभी पीछे से आए एक स्ट्रीट डॉग ने उन पर हमला कर दिया। अचानक हुए हमले से वे सड़क पर गिर पड़े। इसके बाद स्ट्रीट डॉग ने उनके माथे, बाएं हाथ और कमर पर कई जगह काट लिया, जिससे वे लहूलुहान हो गए। लोगों ने स्ट्रीट डॉग को भगाया बताया जा रहा है कि करीब 15 मिनट तक बुजुर्ग खुद को बचाने की कोशिश करते रहे, लेकिन स्ट्रीट डॉग लगातार हमला करता रहा। वहां से गुजर रहे लोगों ने किसी तरह डॉग को भगाया और परिजनों को सूचना दी। बाद में घायल बुजुर्ग को पुरवा स्थित एक निजी क्लीनिक ले जाया गया, जहां उनका इलाज किया गया। घायल के भाई अशोक सोनी ने बताया कि डॉक्टरों ने जुगल किशोर को टिटनेस और रैबीज के इंजेक्शन लगाए हैं। वहीं त्रिपुरी चौक के दुकानदार आनंद कोष्टा का कहना है कि इसी कुत्ते ने इससे पहले भी दो से तीन लोगों पर हमला किया था। घटना के बाद पूरे इलाके में दहशत का माहौल है। इधर नगर निगम अधिकारियों का कहना है कि हमलावर कुत्ते की तलाश की जा रही है और जल्द उसे पकड़ने की कार्रवाई की जाएगी। ये खबर भी पढ़ें… भोपाल में रोज 81 लोग डॉग बाइट के शिकार भोपाल में हर रोज 81 लोग डॉग बाइट के शिकार हो रहे हैं। डॉग्स की नसबंदी और वैक्सीनेशन पर नगर निगम पांच साल में करीब साढ़े 8 करोड़ रुपए खर्च कर चुका है। बावजूद डॉग बाइट की घटनाएं बढ़ गई हैं। बता दें कि सुप्रीम कोर्ट ने स्कूल, अस्पताल, रेलवे स्टेशन और बस स्टैंड जैसे सार्वजनिक स्थानों से आवारा कुत्तों को हटाने के निर्देश दिए हैं, लेकिन भोपाल में इसका पालन आसान नहीं दिख रहा।पूरी खबर पढ़ें
भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल शनिवार को धार्मिक नगरी ओरछा पहुंचे। उन्होंने यहां रामराजा सरकार मंदिर में पूजा-अर्चना कर प्रदेश की सुख-समृद्धि की कामना की। इसके बाद मीडिया से चर्चा करते हुए खंडेलवाल ने कहा कि भाजपा 'कॉकरोच जनता पार्टी' जैसे ट्रेंड्स को गंभीरता से नहीं लेती। संगठनात्मक कारणों से एक माह आगे बढ़ी कार्यसमिति की बैठक प्रदेश अध्यक्ष ने शनिवार शाम को जानकारी दी कि भाजपा की आगामी प्रदेश कार्यसमिति की बैठक अब जुलाई माह में आयोजित की जाएगी। इससे पहले यह बैठक जून में प्रस्तावित थी, लेकिन संगठनात्मक व्यस्तताओं और विस्तृत कार्ययोजना तैयार करने के उद्देश्य से इसे एक महीने आगे बढ़ाने का निर्णय लिया गया है। उन्होंने कहा कि जुलाई की बैठक में आगामी सांगठनिक विस्तार और भावी रणनीतियों पर चर्चा होगी। बोले- भाजपा इन ट्रेंड्स को विशेष गंभीरता से नहीं लेती सोशल मीडिया पर 'कॉकरोच जनता पार्टी' जैसे ट्रेंड्स और उनसे जुड़ी लोकप्रियता पर पूछे गए सवाल का जवाब देते हुए खंडेलवाल ने इसे सामान्य प्रक्रिया बताया। उन्होंने कहा कि भाजपा इन ट्रेंड्स को विशेष गंभीरता से नहीं लेती है। उन्होंने बताया कि सोशल मीडिया पर चीजें समय और परिस्थितियों के अनुसार ट्रेंड करती हैं, लेकिन पार्टी की मजबूती कार्यकर्ताओं की जमीन पर की गई मेहनत और जनता के विश्वास से तय होती है। मंदिर परिसर में श्रद्धालुओं से मिले हेमंत खंडेलवाल ने ओरछा की आध्यात्मिक गरिमा का उल्लेख करते हुए कहा कि उनका मुख्य कार्यक्रम छतरपुर और सागर क्षेत्र का था, लेकिन ओरछा आकर रामराजा सरकार के दर्शन का सौभाग्य मिला। उन्होंने मंदिर परिसर में श्रद्धालुओं से भी भेंट की। इस दौरान पार्टी के स्थानीय पदाधिकारी और कार्यकर्ता भी उनके साथ मौजूद रहे।
बिजनौर में गैंगस्टर एक्ट के तहत एक आरोपी को दस साल कैद और 50 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई गई है। विशेष अपर सत्र न्यायाधीश अल्का चौधरी ने राजकुमार नामक आरोपी को बच्चे के अपहरण और फिरौती मांगने के मामले में दोषी ठहराया। विशेष लोक अभियोजन अधिकारी सलीम अख्तर ने बताया कि नजीबाबाद थाने के तत्कालीन अध्यक्ष वीरपाल सिरोही ने राजकुमार पुत्र रामफूल, निवासी मानकपुरी, हीमपुर दीपा, और एक किशोर के खिलाफ गैंगस्टर एक्ट के तहत रिपोर्ट दर्ज कराई थी। आरोप था कि राजकुमार अपने साथी किशोर के साथ मिलकर एक गिरोह चलाता है, जिसका उद्देश्य आर्थिक लाभ के लिए बच्चों का अपहरण कर फिरौती मांगना है। इन दोनों आरोपियों के खिलाफ 1 नवंबर 2007 को एक बच्चे के अपहरण और 17 लाख रुपये की फिरौती मांगने का मामला भी दर्ज किया गया था। पुलिस ने आरोपी की निशानदेही पर अपहृत बालक को सकुशल बरामद किया था और 15 लाख रुपये की फिरौती भी जब्त की थी। इसी मामले में दोनों के खिलाफ गैंगस्टर एक्ट के तहत भी रिपोर्ट दर्ज की गई थी। चूंकि दूसरा आरोपी नाबालिग था, उसकी पत्रावली किशोर न्याय बोर्ड में सुनवाई के लिए भेजी गई थी। विशेष अपर सत्र न्यायाधीश अल्का चौधरी ने राजकुमार को इस मामले में दोषी पाया और उसे सजा सुनाई।
देवरिया में महिला का शव फंदे से लटका मिला:नए मकान में संदिग्ध हालत में मौत, पुलिस जांच में जुटी
देवरिया जिले के सदर कोतवाली क्षेत्र के सोनबरसा गांव में शनिवार शाम एक महिला का शव उसके नए मकान के कमरे में फंदे से लटका मिला। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी है। मृतका की पहचान 35 वर्षीय शलोनी तिवारी, पत्नी केदार नाथ तिवारी के रूप में हुई है। बताया गया कि परिवार ने हाल ही में पिड़रा नहर के पास जमीन खरीदकर दो मंजिला मकान बनवाया था। शनिवार शाम करीब छह बजे घर के एक कमरे में शलोनी का शव फांसी के फंदे से लटकता पाया गया। घटना की जानकारी मिलने पर सदर कोतवाली पुलिस और क्षेत्राधिकारी (सीओ) भी मौके पर पहुंचे। पुलिस ने कमरे का निरीक्षण किया, शव को फंदे से उतारा और पंचनामा की कार्रवाई पूरी की। प्रारंभिक जांच में यह मामला आत्महत्या का प्रतीत हो रहा है। हालांकि, पुलिस सभी पहलुओं से जांच कर रही है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मौत के सही कारणों का खुलासा पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट आने के बाद ही हो पाएगा। पुलिस इस मामले में परिवार के सदस्यों और आसपास के लोगों से पूछताछ कर रही है ताकि घटना के पीछे के कारणों का पता लगाया जा सके।
चंदौली में ट्रैक्टर से दबकर दो चचेरे भाइयों की मौत:हाईवे पर पर बाइक सवारों को मारी टक्कर, चालक फरार
चंदौली जिले के बलुआ थानाक्षेत्र के गुरेरा गांव के पास शनिवार देर रात एक सड़क हादसे में दो चचेरे भाइयों की मौत हो गई। मिट्टी लदे ट्रैक्टर से कुचलकर फूलपुर निवासी श्रीराम राम (48) और किशन कुमार (45) ने मौके पर ही दम तोड़ दिया। घटना के बाद ट्रैक्टर चालक मौके से फरार हो गया। सूचना मिलने पर ग्रामीण घटनास्थल पर जमा हो गए और हंगामा करने लगे। बलुआ पुलिस ने मौके पर पहुंचकर ग्रामीणों को समझा-बुझाकर शांत कराया। पुलिस ने दोनों शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया और दुर्घटनाग्रस्त ट्रैक्टर को भी जब्त कर लिया। जानकारी के अनुसार, चहनिया क्षेत्र के फूलपुर निवासी श्रीराम राम और किशन कुमार चहनिया कस्बे से तिरपाल खरीदकर अपनी बाइक से घर लौट रहे थे। गुरेरा में हाईवे पर सामने से आ रहे मिट्टी लदे ट्रैक्टर ने उनकी बाइक को टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि दोनों बाइक सवार ट्रैक्टर के नीचे कुचल गए, जिससे उनकी मौके पर ही मौत हो गई। हादसे के बाद ट्रैक्टर चालक वाहन छोड़कर फरार हो गया। मृतक श्रीराम राम की पत्नी का नाम मनोरमा देवी है और उनके तीन बच्चे चंदन, मनीष और अंतिमा कुमारी हैं। वहीं, किशन कुमार के तीन पुत्र दिनेश, प्रकाश और लालबाबू हैं। बताया गया है कि किशन कुमार के पुत्र दिनेश की शादी जून में होनी थी। बलुआ थानाध्यक्ष अरुण प्रताप सिंह ने बताया कि पुलिस ने शवों को पोस्टमार्टम हाउस भेज दिया है और फरार चालक को गिरफ्तार करने के लिए टीमें गठित कर दी गई हैं। मामले की जांच जारी है।
फर्रुखाबाद में पंखा खरीदने के विवाद में युवक ने गोली मारकर आत्महत्या कर लिया। भीषण गर्मी के चलते घर में केवल एक ही पंखा था। पत्नी दूसरा पंखा लाने की जिद कर रही थी। पैसा न होने पर पति टालमटोल कर रहा था। जिसको लेकर पत्नी से दो दिन से विवाद चल रहा था। शनिवार शाम दंपत्ति खेत गए थे, जहां दोनों में पंखे को लेकर विवाद हो गया। जो मारपीट में बदल गया। जिसके बाद युवक ने गुस्से में जाकर तमंचे से कनपटी पर गोली मार ली। खून से लथपथ युवक को अस्पताल ले गए, जहां मौत हो गई। मामला कायमगंज क्षेत्र के गांव गऊटोला गांव का है। मृतक की पहचान महेंद्र (40) पुत्र रतीराम के रूप में हुई है। मृतक की पत्नी विमला देवी ने बताया कि भीषण गर्मी के चलते घर में केवल एक ही पंखा था, जिसे महेंद्र इस्तेमाल करते थे। विमला देवी बच्चों के लिए दूसरा पंखा लाने की बात कह रही थीं। परिवार बड़ा होने और एक पंखे से काम न चल पाने के कारण पिछले दो दिनों से पति-पत्नी के बीच विवाद हो रहा था। बताया गया कि शुक्रवार शाम को भी इसी बात को लेकर दोनों के बीच कहासुनी और मारपीट हुई थी। शनिवार शाम करीब 7 बजे महेंद्र गांव के पास स्थित अपने मक्के के खेत में पानी लगाने गए थे। उस समय उनकी पुत्री सरिता भी खेत पर मौजूद थी। इसी दौरान महेंद्र ने पास में रखे तमंचे से खुद को गोली मार ली। गोली चलने की आवाज सुनकर सरिता ने देखा कि उसके पिता खून से लथपथ हालत में खेत में पड़े तड़प रहे हैं। बेटी की चीख-पुकार सुनकर आसपास के ग्रामीण मौके पर पहुंचे, लेकिन अस्पताल ले जाने से पहले ही महेंद्र की मौत हो चुकी थी। घटना की सूचना मिलते ही क्षेत्राधिकारी राजेश कुमार द्विवेदी और प्रभारी निरीक्षक विनोद कुमार शुक्ला पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण कर शव को कब्जे में लिया और पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। मामले में आगे की विधिक कार्रवाई की जा रही है। मृतक की पुत्री सरिता ने बताया कि उसके पिता तंबाकू गोदाम में मजदूरी करते थे। इसके अलावा परिवार के पास करीब दो बीघा जमीन भी है, जिससे खेती-बाड़ी कर परिवार का पालन-पोषण किया जाता था। महेंद्र अपने पीछे पत्नी, दो बेटियां और तीन बेटों का भरा-पूरा परिवार छोड़ गए हैं। पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी हुई है।
घाटमपुर विधानसभा क्षेत्र के ग्राम देवली में आयोजित सात दिवसीय बुद्ध कथा कार्यक्रम में रविवार को घाटमपुर विधायक सरोज कुरील शामिल हुईं। इस दौरान उन्होंने कथा स्थल पर पहुंचकर भगवान गौतम बुद्ध के शांति, करुणा, अहिंसा और मानवता के संदेशों का श्रद्धापूर्वक श्रवण किया। विधायक के आगमन पर आयोजकों व ग्रामीणों ने उनका स्वागत किया। कथा में बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे और भगवान बुद्ध के उपदेशों को सुनकर धर्म व सद्भाव का संदेश ग्रहण किया। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए विधायक सरोज कुरील ने कहा कि बुद्ध कथा मानव जीवन को सत्य, अहिंसा, करुणा और सद्भाव की राह पर चलने की प्रेरणा देती है। भगवान गौतम बुद्ध के विचार आज भी समाज को एकजुट करने और शांति स्थापित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में लोगों को आपसी भाईचारे, प्रेम और मानवता की भावना को मजबूत करने की आवश्यकता है, जिसके लिए भगवान बुद्ध के उपदेश अत्यंत प्रासंगिक हैं। विधायक ने श्रद्धालुओं से कथा को ध्यानपूर्वक सुनने और भगवान बुद्ध के आदर्शों को अपने जीवन में अपनाने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि ऐसे धार्मिक एवं आध्यात्मिक आयोजन समाज में सकारात्मक ऊर्जा का संचार करते हैं और लोगों को नैतिक मूल्यों के प्रति जागरूक बनाते हैं।
चंदौली में भाजपा नेता महेंद्र सेठ पर केस:बिजली कटौती के विरोध में दिया था धरना, 10 अज्ञात पर भी FIR
चंदौली जिले के बबुरी उपकेंद्र पर बिजली कटौती और जेई प्रदीप कुमार यादव की मनमानी के आरोप में हुए धरना-प्रदर्शन और तालाबंदी के मामले में पुलिस ने कार्रवाई की है। बबुरी पुलिस ने जेई प्रदीप कुमार यादव की तहरीर पर भाजपा के वरिष्ठ कार्यकर्ता महेंद्र सेठ उर्फ पप्पू और दस अज्ञात लोगों के खिलाफ तीन गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज किया है। यह घटना 21 मई की रात की है, जब बबुरी कस्बा स्थित उपकेंद्र पर दर्जनों ग्रामीण जमा हो गए थे। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि पिछले 15 दिनों से गांव में रात के समय केवल 3 से 4 घंटे ही बिजली मिल रही है, जिससे भीषण गर्मी में बच्चों और बुजुर्गों का जीवन मुश्किल हो गया है। इसके विपरीत, अपोलो फैक्ट्री को 24 घंटे बिजली आपूर्ति दी जा रही है। इस दौरान बबुरी निवासी और भाजपा के वरिष्ठ कार्यकर्ता महेंद्र सेठ उर्फ पप्पू धरने पर बैठ गए। उन्होंने कहा कि वह 35 साल से भाजपा के कार्यकर्ता हैं और सपा-बसपा सरकारों में भी बिजली के लिए इसी उपकेंद्र पर धरना दिया था। उन्होंने अपनी ही पार्टी के राज्यसभा सांसद और विधायक होने के बावजूद बिजली के लिए संघर्ष करने को शर्मनाक बताया। बिजली विभाग के जेई प्रदीप कुमार यादव की शिकायत के आधार पर पुलिस ने महेंद्र सेठ उर्फ पप्पू और दस अज्ञात लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है। पुलिस अब इस मामले की गहन जांच-पड़ताल कर रही है।
कानपुर में तलवार से केक काटा, VIDEO:रावतपुर पुलिस ने पांच युवकों को हिरासत में लिया
कानपुर के रावतपुर थाना क्षेत्र में बीच सड़क तलवार से केक काटकर जन्मदिन मनाने का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गया। वीडियो सामने आते ही पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया। मामले को गंभीरता से लेते हुए रावतपुर पुलिस ने देर रात कार्रवाई कर पांच युवकों को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने आरोपितों के कब्जे से इस्तेमाल की गई तलवार भी बरामद कर ली है। पहले तलवार से केक काटा फिर सोशल मीडिया वायरल किया जानकारी के मुताबिक वायरल वीडियो में कुछ युवक बाइक के पास खड़े होकर खुलेआम तलवार से केक काटते दिखाई दे रहे थे। वीडियो में युवकों का अंदाज ऐसा था मानो उन्हें कानून का कोई डर न हो। सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल होने के बाद स्थानीय लोगों ने भी इस पर नाराजगी जताई और पुलिस से कार्रवाई की मांग की। मामला उच्च अधिकारियों तक पहुंचते ही रावतपुर थाना पुलिस सक्रिय हो गई और वीडियो की जांच शुरू कर दी गई। जांच के दौरान पुलिस ने वीडियो में दिखाई दे रहे युवकों की पहचान कर उन्हें देर रात गिरफ्तार कर लिया। पकड़े गए युवकों की पहचान कल्याणपुर निवासी निरंजन यादव तथा मसवानपुर निवासी मयंक पासवान, अमन वर्मा, अभिषेक वर्मा और अंकित पासवान के रूप में हुई है। पूछताछ में आरोपियो ने बताया कि 21 मई की देर रात अंकित पासवान का जन्मदिन था। जन्मदिन मनाने के लिए सभी दोस्त मसवानपुर चौराहे के पास एकत्र हुए थे। इसी दौरान उन्होंने बाइक पर केक रखकर तलवार से केक काटा और उसका वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर डाल दिया। पुलिस अधिकारियों के अनुसार सार्वजनिक स्थान पर हथियार का प्रदर्शन कर माहौल खराब करने और सोशल मीडिया पर गलत संदेश फैलाने के मामले में आरोपितों के खिलाफ कार्रवाई की जा रही है। बोले थाना प्रभारी रावतपुर थाना प्रभारी कमलेश राय ने बताया कि वायरल वीडियो का संज्ञान लेते हुए पांच युवकों को गिरफ्तार किया गया है। उनसे पूछताछ की जा रही है और मामले में विधिक कार्रवाई की जा रही है। उन्होंने कहा कि सार्वजनिक स्थानों पर इस तरह हथियारों का प्रदर्शन करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।
वाराणसी के लाल बहादुर शास्त्री अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट पर शनिवार को डीआरआई और कस्टम विभाग की संयुक्त टीम ने मादक पदार्थ तस्करी के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की। इस दौरान दो संदिग्ध तस्करों को गिरफ्तार किया गया। अधिकारियों के अनुसार, गिरफ्तार किए गए दोनों यात्रियों के पास से लगभग 20 किलोग्राम हाइड्रोपोनिक गांजा बरामद हुआ है। अंतरराष्ट्रीय बाजार में इसकी अनुमानित कीमत 22 करोड़ रुपये बताई जा रही है। यह कार्रवाई तब हुई जब एयर इंडिया एक्सप्रेस की फ्लाइट IX-215 से बैंकॉक से शनिवार शाम करीब 5 बजे वाराणसी पहुंचे यात्रियों के सामान की जांच की जा रही थी। इस दौरान टीम को दो यात्रियों के बैग में संदेह हुआ। गहन तलाशी लेने पर उनके बैग से बड़ी मात्रा में प्रतिबंधित हाइड्रोपोनिक गांजा बरामद किया गया। पकड़े गए आरोपियों की पहचान शहनाज और यूसुफ के रूप में हुई है। ये दोनों मध्य प्रदेश के उज्जैन के निवासी बताए जा रहे हैं। प्रारंभिक पूछताछ में पता चला है कि दोनों वाराणसी में किसी व्यक्ति को गांजे की यह खेप सौंपने के बाद मुंबई जाने की योजना बना रहे थे। अधिकारियों ने बताया कि हाइड्रोपोनिक गांजा सामान्य गांजे की तुलना में कई गुना अधिक महंगा और नशीला होता है। इसकी तस्करी अक्सर अंतरराष्ट्रीय नेटवर्क के माध्यम से की जाती है। फिलहाल, दोनों आरोपियों को हिरासत में लेकर आगे की पूछताछ की जा रही है। एजेंसियां यह पता लगाने में जुटी हैं कि वाराणसी में यह खेप किसे पहुंचाई जानी थी और इस तस्करी के पीछे कौन सा गिरोह सक्रिय है।
शहर के सुप्रसिद्ध श्री राधा कृष्ण मंदिर (जेके मंदिर) परिसर में एक ऐसी शाम सजी, जिसने वहां मौजूद हर शख्स को भक्ति और कला के अनूठे संगम से सराबोर कर दिया। मौका था 'नृत्यांजलि पुरुषोत्तम उत्सव' का, जहां सुर, ताल और घुंघरू की जुगलबंदी ने भगवान श्री कृष्ण के प्रति अगाध प्रेम को जीवंत कर दिया। देर शाम 7:00 बजे जैसे ही इस उत्सव का शंखनाद हुआ, पूरा मंदिर परिसर दर्शकों और श्रद्धालुओं की भारी भीड़ से खचाखच भर गया। कला कुंज ग्रुप के प्रतिभावान कलाकारों ने जब मंच संभाला, तो उनकी एक-एक मुद्रा पर दर्शकों ने जोरदार तालियों के साथ उनका उत्साह बढ़ाया। रंग-बिरंगे लहंगे और घूमते घाघरे: थिरकते कदमों से हुई शुरुआत उत्सव का आगाज बेहद खूबसूरत और मनमोहक था। मंच पर रंग-बिरंगे पारंपरिक लहंगे पहने कुछ लड़कियां बेहद शालीनता के साथ नृत्य की मुद्रा में बैठी नजर आईं। जैसे ही संगीत की मधुर धुन गूंजी, वे धीरे-धीरे उठीं और गोल घूमते हुए थिरकने लगीं। उनकी पोशाक के रंग और चेहरे के भावों ने समां बांध दिया। अगले ही पल, जब महिला कलाकरों ने एक बड़े गोल घेरे में घूम-घूम कर नृत्य करना शुरू किया, तो पृष्ठभूमि में लहराते भगवा झंडों ने पूरे माहौल को और भी ज्यादा दिव्य और सांस्कृतिक रंग में रंग दिया। बिखरी पंखुड़ियां और शास्त्रीय नृत्य का जादू कार्यक्रम जैसे-जैसे आगे बढ़ा, कला के रंग और गहरे होते गए। खुले मंदिर परिसर में लाल रंग की खूबसूरत साड़ी पहने एक महिला कलाकार ने जब कदमताल शुरू की, तो हर कोई देखता रह गया। जमीन पर बिखरी फूलों की पंखुड़ियों के बीच उनकी प्रस्तुति ऐसी लग रही थी मानो प्रकृति खुद इस उत्सव का हिस्सा बन गई हो। इसके तुरंत बाद, हरे रंग की पारंपरिक पोशाक में सजी एक अन्य महिला कलाकार ने मंच संभाला। उन्होंने शास्त्रीय नृत्य (क्लासिकल डांस) की बेहद कठिन और खूबसूरत मुद्राएं प्रदर्शित कीं। टोकरी से उड़े फूल और जुगलबंदी के साथ हुआ समापनउत्सव का सबसे शानदार और भावुक पल वह था, जब वीडियो के अंतिम हिस्से में दो महिला कलाकार पारंपरिक साड़ियों में एक साथ मंच पर आईं। दोनों के बीच की जुगलबंदी देखने लायक थी। दोनों ने जमीन पर रखी टोकरियों से फूलों की पंखुड़ियों को उठाया और झूमते हुए हवा में उड़ा दिया। हवा में तैरती पंखुड़ियां, कानों में रस घोलता संगीत और दोनों कलाकारों के कदम से कदम मिलाते हुए थिरकते पैर... इस अंतिम प्रस्तुति ने वहां मौजूद सैकड़ों श्रद्धालुओं को मंत्रमुग्ध कर दिया। तालियों की गड़गड़ाहट के साथ इस भव्य सांस्कृतिक शाम का समापन हुआ।
अमहट उपकेंद्र का फीडर हर 10 मिनट पर ट्रिप:11 हजार उपभोक्ता परेशान, ढाई साल से कैपेसिटर बैंक खराब
बस्ती में भीषण गर्मी के बीच अमहट उपकेंद्र से जुड़े करीब 11 हजार उपभोक्ता बिजली संकट का सामना कर रहे हैं। उपकेंद्र पर बिजली आपूर्ति व्यवस्था लगातार चरमराई हुई है, जिससे हर 10 मिनट पर फीडर ट्रिप हो रहा है और उपभोक्ताओं को भारी परेशानी झेलनी पड़ रही है। इस समस्या से सबसे ज्यादा आवास विकास और जलकल फीडर से जुड़े लोग प्रभावित हैं। लो वोल्टेज की समस्या से निजात दिलाने के लिए उपकेंद्र पर लगा विद्युत कैपेसिटर बैंक लगभग ढाई साल से खराब पड़ा है, जिससे स्थिति और बिगड़ गई है। दैनिक भास्कर की टीम ने शनिवार रात 8:30 बजे अमहट उपकेंद्र पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया। इस दौरान कंट्रोल रूम का फोन लगातार बजता रहा और उपभोक्ता बिजली कटौती व ट्रिपिंग की शिकायतें करते रहे। टीम के पहुंचने के समय सभी छह फीडर चालू थे, लेकिन करीब 10 मिनट बाद ही जलकल फीडर ट्रिप कर गया। इसके कुछ देर बाद तकनीकी गड़बड़ी के चलते सभी फीडर बंद हो गए। हालांकि, तकनीकी कर्मचारियों ने कुछ समय बाद आपूर्ति बहाल कर दी, लेकिन बिजली आने-जाने का सिलसिला पूरी रात जारी रहा। उपकेंद्र पर तैनात एसएसओ राजीव कुमार त्रिपाठी ने बताया कि भीषण गर्मी के कारण बिजली का लोड काफी बढ़ गया है, जिससे बार-बार ट्रिपिंग हो रही है। उन्होंने यह भी स्वीकार किया कि उपकेंद्र पर स्टाफ की कमी है और उपलब्ध कर्मचारी भी समय पर नहीं पहुंच पा रहे हैं, जिससे दिक्कतें और बढ़ रही हैं।
छत्तीसगढ़ के कांकेर जिले में पुलिस ने ऑनलाइन आईपीएल क्रिकेट सट्टा नेटवर्क का भंडाफोड़ किया है। उजियारा अभियान के तहत की गई इस कार्रवाई में 7 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है, जिनमें एक विधि से संघर्षरत बालक भी शामिल है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से 7 मोबाइल फोन जब्त किए हैं, जिनकी अनुमानित कीमत लगभग 2 लाख 25 हजार रुपए है। यह कार्रवाई सिटी कोतवाली कांकेर और साइबर सेल की संयुक्त टीम ने 23 मई को की। पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली थी कि ज्ञानी चौक स्थित माखन भोग होटल के पास कुछ लोग मोबाइल फोन के जरिए आईपीएल क्रिकेट मैचों और ऑनलाइन कैसीनो गेम में हार-जीत का दांव लगाकर ऑनलाइन सट्टा खेल रहे हैं। सूचना के आधार पर थाना प्रभारी प्रतीक दादासाहब बनसोडे (प्रशिक्षु आईपीएस) के नेतृत्व में एक पुलिस टीम गठित की गई। टीम ने मौके पर घेराबंदी कर अमीन खान, मनीष कावडे, सलमान मेमन और रिजवान फारूकी को पकड़ा। पूछताछ में इन आरोपियों ने आईपीएल क्रिकेट और अन्य ऑनलाइन गेम में सट्टा खेलने की बात स्वीकार की। जांच के दौरान राहुल गिडलानी, अमन खटवानी और एक विधि से संघर्षरत बालक का नाम भी सामने आया। जांच में पता चला कि ये लोग ऑनलाइन सट्टा खेलने-खिलाने के लिए आईडी उपलब्ध कराकर अवैध आर्थिक लाभ कमा रहे थे। पुलिस ने सभी आरोपियों के खिलाफ अपराध क्रमांक 170/2026 के तहत छत्तीसगढ़ जुआ प्रतिषेध अधिनियम 2022 की धारा 7 एवं 8 तथा धारा 112(2) बीएनएस के तहत मामला दर्ज किया है। सभी गिरफ्तार आरोपियों को न्यायालय में पेश किया गया। गिरफ्तार आरोपियों में अमीन खान (निवासी श्रीरामनगर कांकेर), मनीष कावडे (निवासी शिवनगर), सलमान मेमन (निवासी शिवनगर), रिजवान फारूकी (निवासी शीतलापारा), राहुल गिडलानी और अमन खटवानी (दोनों निवासी आदर्श नगर कांकेर) शामिल हैं। पुलिस के अनुसार, आरोपी अमन खटवानी के खिलाफ पहले भी कई आपराधिक मामले दर्ज हैं। वर्ष 2021 और 2024 में उसके खिलाफ अलग-अलग अपराध पंजीबद्ध किए जा चुके हैं।
जींद पुलिस ने लोगों को कम समय में पैसे दोगुने-तिगुने करने का झांसा देने वाले एक अंतर-जिला 'नोट डबलिंग' गिरोह का पर्दाफाश किया है। थाना सदर नरवाना पुलिस ने नेशनल हाईवे-352 पर बेलरखां गांव के पास से तीन शातिर ठगों को गिरफ्तार किया है। गुप्त सूचना के आधार पर पुलिस ने जाल बिछाकर एक स्विफ्ट गाड़ी से आरोपियों को रंगे हाथों पकड़ा। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान संजय उर्फ तेजा (फतेहाबाद), अनिल (कैथल) और सौरब (करनाल) के रूप में हुई है। यह गिरोह लोगों से असली करेंसी लेता था और उन्हें नकली नोटों की गड्डियां थमा देता था। इन गड्डियों में ऊपर और नीचे 500-500 के असली नोट होते थे, जबकि बीच में उसी आकार के कोरे सफेद कागज भरे होते थे। पुलिस ने एएसआई महाबीर प्रसाद के नेतृत्व में एक टीम गठित की। मुख्य सिपाही सरबिन्द्र सिंह को 'बोगस ग्राहक' बनाकर 10,000 रुपये के साथ आरोपियों के पास भेजा गया। डील पक्की होते ही बोगस ग्राहक ने मोबाइल की लाइट जलाकर पुलिस को इशारा किया। झाड़ियों में छिपी पुलिस टीम ने तुरंत कार्रवाई करते हुए तीनों आरोपियों को उनकी गाड़ी (HR-90A-4890) समेत दबोच लिया। तलाशी के दौरान उनकी गाड़ी से एक बैग मिला। बैग में ठगी के लिए तैयार 41 नकली गड्डियां और 17 बड़े पैकेट बरामद हुए। प्रत्येक पैकेट में 10-10 गड्डियां थीं, जिनके ऊपर-नीचे असली नोट और बीच में पेंसिल-रंगों से डिजाइन किए गए 98 सफेद कागज थे। पुलिस द्वारा भेजे गए 10,000 रुपये भी मुख्य आरोपी से बरामद किए गए। पुलिस ने मौके पर वीडियोग्राफी कर उसे 'ई-साक्ष्य' (e-Sakshya) ऐप पर अपलोड किया। आरोपियों के खिलाफ थाना सदर नरवाना में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धाराओं 316(2), 318(4), 112 और 3(5) के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है। पुलिस अब इस गिरोह के नेटवर्क की आगे जांच कर रही है।
जांजगीर-चांपा। मुलमुला पुलिस ने बारात में हुई मारपीट और प्राणघातक हमले के मामले में फरार चल रहे पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है। सभी गिरफ्तार आरोपियों को न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया है। इस मामले में पहले भी चार आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेजा जा चुका है। पुलिस के अनुसार, यह घटना 16 अप्रैल को हुई थी। पीड़ित देवराज बरेठ अपने साथियों के साथ ग्राम खोखरा से ग्राम पौना में एक बारात में शामिल होने गए थे। बाराती स्कूल पारा के पास बाजा बजाते हुए नाच-गाना कर रहे थे। इसी दौरान गांव के कुछ लोगों ने बाजा बंद करने को लेकर विवाद शुरू कर दिया। देखते ही देखते यह विवाद मारपीट में बदल गया। आरोपियों ने बारातियों पर लाठी-डंडों से हमला कर दिया। बीच-बचाव करने आए लोगों को भी पीटा गया। इस हमले में देवराज के सिर पर चोट लगी, जिससे वह जमीन पर गिर गए। मारपीट में धनंजय यादव की आंख में भी गंभीर चोट आई। उन्हें पहले जिला अस्पताल जांजगीर ले जाया गया और बाद में गंभीर हालत में सिम्स बिलासपुर रेफर कर दिया गया। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने तत्काल अपराध दर्ज कर जांच शुरू की थी। मुखबिर की सूचना पर पुलिस ने फरार चल रहे आरोपियों को पकड़ा। पूछताछ में उन्होंने अपना जुर्म स्वीकार कर लिया। गिरफ्तार किए गए पांच आरोपियों में कृष्ण कुमार यादव उर्फ टिंगालू, लक्ष्मी प्रसाद यादव, बॉबी यादव उर्फ लाला, बबलू यादव उर्फ छोटे लाला और गंगा सागर उर्फ सोनू शामिल हैं।
बीएचईएल फैक्ट्री के खापा स्थित सोलर प्लांट में हुई बड़ी चोरी का खुलासा करते हुए पथरोटा पुलिस ने भोपाल की एक अंतरजिला गैंग के तीन सदस्यों को गिरफ्तार किया है। 27 अप्रैल को हुई इस वारदात में पुलिस ने आरोपियों के पास से 52 किलो तांबा जब्त किया है, जिसकी बाजार में कीमत करीब 80 हजार रुपए है। हाई सिक्योरिटी जोन में हुई इस चोरी ने सुरक्षा प्रबंधों पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। नसरुल्लागंज जेल में बंद थे आरोपी थाना प्रभारी मोनिका गौर ने बताया कि पकड़े गए आरोपी सद्दाम खान, नदीम खान और शोराब भोपाल के रहने वाले हैं। ये शातिर अपराधी पहले बुधनी में चोरी के मामले में नसरुल्लागंज जेल में बंद थे। आरोपियों ने पूछताछ में स्वीकार किया कि उन्होंने 56 एकड़ में फैले इस विशाल सोलर प्लांट की पहले रेकी की और फिर रात के अंधेरे में केबल काटकर तांबा चोरी किया। 52 किलो तांबा जब्त, दो सदस्य अब भी फरार पुलिस ने मुखबिर की सूचना और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर इस गिरोह को दबोचा। पकड़े गए बदमाशों के कब्जे से चोरी किया गया 52 किलो तांबा बरामद कर लिया गया है। पुलिस के अनुसार, इस गैंग के दो अन्य सदस्य सादिक और रियासत फिलहाल फरार हैं, जिनकी गिरफ्तारी के लिए भोपाल और आसपास के जिलों में पुलिस टीमें दबिश दे रही हैं। प्लांट की सुरक्षा पर उठे सवाल यह सोलर प्लांट भारत हेवी इलेक्ट्रिकल्स लिमिटेड द्वारा स्थापित किया गया है, जो पथरोटा क्षेत्र में बिजली आपूर्ति का मुख्य स्रोत है। संवेदनशील और सुरक्षित माने जाने वाले इस इलाके में चोरों के आसानी से प्रवेश करने और वारदात को अंजाम देने के बाद, प्लांट की निगरानी प्रणाली और सुरक्षा गार्डों की तैनाती पर सवाल उठ रहे हैं। पुलिस अब फरार आरोपियों की तलाश के साथ-साथ सुरक्षा खामियों की भी जांच कर रही है।
बिलासपुर स्मार्ट सिटी लिमिटेड के न्यू रिवर व्यू साइट पर चल रहे पीपीपी मॉडल प्रोजेक्ट के निर्माण कार्य के दौरान पानी की लगातार बर्बादी हो रही है। अटल परिसर के पास बोरिंग के पाइप से पानी की तेज धार बहती देखी जा सकती है। यह बर्बादी ऐसे समय में हो रही है जब भीषण गर्मी के कारण शहर के कई इलाकों में पेयजल का संकट गहराया हुआ है। हाल ही में कपिल नगर और शास्त्रीनगर के लगभग 200 परिवारों को गंदे पानी की आपूर्ति के कारण दूर से पानी लाना पड़ा था। शहर में कई सार्वजनिक नलों की टोंटियां गायब होने से भी पानी बर्बाद हो रहा है। इस मामले पर स्मार्ट सिटी के महाप्रबंधक (तकनीकी) एसपी साहू ने कहा कि पानी की बर्बादी को तुरंत रोका जाएगा। उन्होंने बताया कि ठेकेदार को इस संबंध में तत्काल निर्देश दिए जा रहे हैं। यह प्रोजेक्ट पीपीपी (पब्लिक-प्राइवेट पार्टनरशिप) मॉडल पर आधारित है। स्मार्ट सिटी ने अहमदाबाद की ईसीएचपी कांग्लोमेराट कंपनी को न्यू रिवर व्यू साइट पर एक्वा स्पोर्ट्स, थिएटर, उद्यान और रेस्टोरेंट जैसी मनोरंजन सुविधाएं विकसित करने का ठेका दिया है। इसका उद्देश्य लोगों को शाम को समय बिताने के लिए एक आकर्षक स्थान प्रदान करना है। स्मार्ट सिटी के जीएम के अनुसार, ठेकेदार नगर निगम को सालाना 11 लाख रुपए का भुगतान करेगा। इसके बदले में कंपनी 45 करोड़ रुपये की लागत से मनोरंजन के लिए स्टॉल, दुकानें और अन्य सुविधाएं बनाएगी और उनका संचालन करेगी। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने हाल ही में अटल परिसर के साथ इस प्रोजेक्ट का उद्घाटन किया था।
मंदसौर में बिजली कंपनी ने कृषि उपभोक्ताओं के लिए एक महत्वपूर्ण सूचना जारी की है। कंपनी के अनुसार, शनिवार रात 12 बजे से सभी आईआरआर (IRR) कृषि फीडरों का बिजली आपूर्ति समय बदलकर सी ग्रुप में कर दिया गया है। यह नई व्यवस्था अगले आदेश तक लागू रहेगी। बिजली कंपनी से प्राप्त जानकारी के अनुसार, संजीत आईआरआर, तकरावद आईआरआर, नापाखेड़ा आईआरआर, तालव पिपलिया आईआरआर, डोरवाड़ा आईआरआर, लिम्बावास आईआरआर और रणायरा आईआरआर फीडरों पर अब सुबह 8 बजे से शाम 6 बजे तक विद्युत आपूर्ति की जाएगी। इस बदलाव से किसानों को दिन में कुल 10 घंटे बिजली उपलब्ध होगी। कंपनी ने सभी कृषि उपभोक्ताओं से अनुरोध किया है कि वे बदले हुए समय के अनुसार अपने कृषि कार्यों की योजना बनाएं। अधिकारियों ने बताया कि यह परिवर्तन विद्युत व्यवस्था को सुचारु बनाए रखने और बेहतर आपूर्ति प्रबंधन के उद्देश्य से किया गया है।
जींद जिले के सफीदों के वार्ड नंबर 3, थनई मोहल्ला में शनिवार को एक 70 वर्षीय बुजुर्ग महिला से लूट की वारदात हुई। एक नकाबपोश बदमाश ने महिला के घर में घुसकर उसकी आंखों में लाल मिर्ची झोंक दी और कान से सोने की बालियां छीनकर फरार हो गया। इस घटना से इलाके में भय का माहौल है। पीड़ित बुजुर्ग महिला कृष्णा देवी (पत्नी स्वर्गीय श्री हरिचंद) ने पुलिस को बताया कि उनके पति का निधन हो चुका है और उनका एक बेटा है, जो मानसिक रूप से बीमार है। शनिवार सुबह करीब 11:30 बजे कृष्णा देवी अपने घर में अकेली सब्जी काट रही थीं। तभी मुंह पर कपड़ा लपेटे एक अज्ञात युवक उनके घर में घुस आया। इससे पहले कि वह कुछ समझ पातीं, आरोपी ने उनकी आंखों में सूखी मिर्ची फेंक दी। मिर्ची की जलन से आंखें बंद होते ही, लुटेरे ने झपट्टा मारकर उनके दोनों कानों से सोने की बालियां नोंच लीं। बालियां खींचने और काटने से महिला के कानों में चोट आई और उन्हें दर्द महसूस हुआ। दर्द के बावजूद, वृद्धा चिल्लाते हुए बदमाश के पीछे गली की तरफ भागीं। उन्होंने देखा कि गली में एक अन्य युवक मोटरसाइकिल स्टार्ट करके खड़ा था। बालियां छीनने वाला बदमाश तुरंत अपने साथी की बाइक पर बैठा और दोनों संकरे रास्तों से फरार हो गए। कृष्णा देवी के शोर मचाने पर पड़ोसी इकट्ठा हुए, लेकिन तब तक आरोपी जा चुके थे। लूटी गई सोने की बालियों का वजन करीब 8 से 9 ग्राम बताया जा रहा है। घटना की सूचना मिलते ही पीड़िता के देवर का लड़का सुशील कुमार तुरंत मौके पर पहुंचा और लहूलुहान व दर्द से तड़प रही बुजुर्ग चाची को सफीदों के सरकारी अस्पताल लेकर गया। वहाँ डॉक्टरों ने प्राथमिक उपचार और आंखों की सिकाई व पट्टी करने के बाद महिला को छुट्टी दे दी। पुलिस ने कृष्णा देवी की शिकायत पर मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
हरियाणा के अम्बाला में मुख्यमंत्री उड़नदस्ते (सीएम फ्लाइंग) ने एक बड़े ‘मुन्नाभाई’ रैकेट का पर्दाफाश करते हुए अंबाला शहर के सुल्तानपुर स्थित दशमेश पब्लिक स्कूल के संचालक मनमोहन सिंह सोहल को गिरफ्तार किया है। आरोपी पर राष्ट्रीय मुक्त विद्यालयी शिक्षा संस्थान (NIOS) की 10वीं और 12वीं की परीक्षाओं में डमी परीक्षार्थियों को बैठाकर छात्रों को फर्जी तरीके से पास कराने का गंभीर आरोप है। जांच में सामने आया है कि आरोपी फेल छात्रों और उनके अभिभावकों को सरकारी नौकरी दिलाने का सपना दिखाकर अपने जाल में फंसाता था। इसके बाद वह प्रत्येक छात्र से 60 हजार रुपए से लेकर 1.20 लाख रुपए तक की रकम लेकर उनकी जगह पढ़े-लिखे ‘डमी स्कॉलर’ को परीक्षा में बैठाता था। आरोपी ने पूछताछ में दावा किया कि उसने इस तरीके से हजारों छात्रों को पास करवाया है, जिनमें से कई विभिन्न विभागों में सरकारी नौकरी भी कर रहे हैं। ऐसे बिछाया गया जाल मुख्यमंत्री उड़नदस्ते के उप निरीक्षक प्रविन्द्र कुमार को 15 फरवरी 2026 को इस फर्जीवाड़े की सूचना मिली थी। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने योजनाबद्ध तरीके से कार्रवाई की। उप निरीक्षक खुद फर्जी अभिभावक बनकर स्कूल पहुंचे और अपने बेटे को 12वीं पास कराने की बात कही। स्कूल संचालक मनमोहन सिंह ने असली छात्र की जगह किसी अन्य व्यक्ति को परीक्षा में बैठाने का सौदा 65 हजार रुपए में तय कर लिया। आरोपी ने यह भी कबूल किया कि इस खेल के लिए नूंह के परीक्षा केंद्रों को चुना जाता था, क्योंकि वहां निगरानी व्यवस्था कमजोर रहती है। पुलिस अधिकारी ने पूरी बातचीत और सौदेबाजी को मोबाइल में रिकॉर्ड कर लिया, जो अब केस का अहम डिजिटल साक्ष्य बन चुका है। स्कूल में छापेमारी, दस्तावेज बरामद लगातार सबूत जुटाने के बाद 22 मई 2026 को मुख्यमंत्री उड़नदस्ते ने शिक्षा विभाग के अधिकारियों के साथ संयुक्त छापेमारी की। इस दौरान आरोपी के स्कूटर और स्कूल कार्यालय की अलमारी से बड़ी संख्या में संदिग्ध छात्रों के परीक्षा परिणामों की प्रतियां बरामद हुईं। पुलिस ने बरामद दस्तावेजों के आधार पर कुछ छात्रों और उनके परिजनों से पूछताछ की तो चौंकाने वाले खुलासे हुए। अभिभावकों ने बताया कि उनके बच्चों ने कभी एनआईओएस की परीक्षा दी ही नहीं और उन्हें परीक्षा केंद्र तक की जानकारी नहीं थी। एक अभिभावक ओम प्रकाश ने आरोप लगाया कि आरोपी ने उनके बेटे को पास कराने के नाम पर 70 हजार रुपए लिए थे। काम नहीं होने पर पैसे वापस मांगने पर आरोपी ने उन्हें बाउंस होने वाले चेक थमा दिए। महिला संचालिका का नाम भी आया सामने पूछताछ में आरोपी ने शाहबाद की एक महिला कॉलेज संचालिका बीना रानी उर्फ अंजू का नाम भी लिया है। पुलिस को आशंका है कि इस रैकेट के तार अन्य जिलों और शिक्षा विभाग के कुछ भ्रष्ट अधिकारियों तक भी जुड़े हो सकते हैं। कई धाराओं में केस दर्ज थाना बलदेव नगर, अम्बाला में आरोपी मनमोहन सिंह सोहल और उसकी सहयोगी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 316(2), 318(4), 338, 336(3), 340(2) और 61(2) के तहत मामला दर्ज किया गया है। पुलिस अब आरोपी के बैंक खातों की जांच कर रही है। साथ ही असली छात्रों की लिखावट का मिलान डमी परीक्षार्थियों की उत्तर पुस्तिकाओं से कराने की तैयारी की जा रही है, ताकि पूरे सिंडिकेट का पर्दाफाश किया जा सके।
बलरामपुर-रामानुजगंज पुलिस ने रक्षित केंद्र बलरामपुर के परेड ग्राउंड में साप्ताहिक जनरल परेड का आयोजन किया। इस दौरान पुलिस अधीक्षक वैभव बेंकर की उपस्थिति में बलवा ड्रिल का पूर्ण अभ्यास भी कराया गया। यह अभ्यास विभिन्न कानून व्यवस्था ड्यूटी से निपटने की तैयारियों के तहत किया गया। इसमें इकाई के नजदीकी थाना-चौकी और मुख्यालय के पुलिस बल को एकत्रित कर जनरल परेड का निरीक्षण किया गया। जनरल परेड के बाद बलवा ड्रिल की विभिन्न कार्यवाहियों का अभ्यास कराया गया। उपस्थित अधिकारी-कर्मचारियों को टीमों में बांटकर उचित ब्रीफिंग दी गई और एक-एक कार्रवाई से अवगत कराया गया। अभ्यास के दौरान उच्च कोटि की टर्न आउट एवं मार्क ड्रिल का अच्छा प्रदर्शन करने वाले कुल 05 कर्मचारियों को प्रोत्साहन के तौर पर इनाम दिया गया। इस पूरी कार्यवाही में उप पुलिस अधीक्षक प्रमोद किस्पोट्टा, रक्षित निरीक्षक विमलेश कुमार देवांगन, निरीक्षक राजेंद्र यादव और अन्य अधिकारी-कर्मचारी शामिल रहे। बलरामपुर में फॉरेंसिक मोबाइल वाहन का शुभारंभ वहीं, बलरामपुर-रामानुजगंज जिले में सीन ऑफ क्राइम फॉरेंसिक मोबाइल वाहन का शुभारंभ किया गया। इस वाहन का उद्घाटन सरगुजा सांसद चिंतामणि महाराज ने वर्चुअल माध्यम से किया। इस अवसर पर कलेक्टर चंदन संजय त्रिपाठी, पुलिस अधीक्षक वैभव बेंकर और वनमंडलाधिकारी विवेकानंद झा सहित अन्य गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे। यह पहल भारत सरकार और छत्तीसगढ़ शासन के गृह (पुलिस) विभाग द्वारा सटीक जांच, त्वरित न्याय और सुरक्षित समाज की दिशा में एक नई पहल के रूप में की गई है। पुलिस लाइन बलरामपुर के परेड ग्राउंड में आयोजित कार्यक्रम में इस वाहन को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया गया। पुलिस अधीक्षक बलरामपुर ने कार्यक्रम को संबोधित करते हुए बताया कि इस मोबाइल वाहन में उपलब्ध तकनीकों और उपकरणों के माध्यम से घटनास्थल पर ही प्राथमिक वैज्ञानिक परीक्षण, साक्ष्य संरक्षण, डिजिटल डेटा अधिग्रहण, फिंगरप्रिंट विकास और नारकोटिक्स परीक्षण जैसी महत्वपूर्ण कार्यवाहियां तत्काल की जा सकेंगी। इससे 'चेन ऑफ कस्टडी' के अनुरूप साक्ष्य पैकेजिंग भी सुनिश्चित होगी। इस अवसर पर रक्षित निरीक्षक विमलेश कुमार देवांगन, मुख्यालय के नजदीकी थाना चौकी प्रभारी, विवेचकगण और अन्य पुलिस अधिकारी-कर्मचारी भी मौजूद रहे।
जोधपुर में नहर बंद होने से पानी की किल्लत थी। शनिवार को कलेक्टर के आदेश पर जलदाय विभाग ने पानी बेचने वालों के कनेक्शन चेक किए और उन्हें हटा दिया। कुड़ी के सेक्टर 4 में पूर्व उपसरपंच सुरेंद्र मेवाड़ा के घर पर भी पानी बेचने का काम चल रहा था, जिसको लेकर जलदाय विभाग की टीम वहां उनके कनेक्शन की जांच करने पहुंची। एईएन सोनिया पारिख ने बताया कि वहां 6 कनेक्शन मिले, जिनमें से पांच अवैध थे। इस पर जलदाय विभाग के अधिकारियों ने उन कनेक्शन को हटाया। पूर्व उपसरपंच के परिवार ने विरोध भी किया, लेकिन जलदाय विभाग ने किसी की नहीं सुनी और अवैध कनेक्शन हटा दिए। विवाद बढ़ने के बाद दोनों पक्षों ने कुड़ी थाने में रिपोर्ट भी दर्ज करवाई है। संसदीय कार्य मंत्री ने किया कायलाना झील का दौरा संसदीय कार्य मंत्री जोगाराम पटेल ने कायलाना और तख्तसागर झील का दौरा कर पेयजल की स्थिति का जायजा लिया। जोगाराम पटेल ने कहा- पश्चिमी राजस्थान, विशेषकर जोधपुर और उसके आसपास के क्षेत्र में 42 से 45 डिग्री तापमान है। ज्यादा गर्मी पड़ने के कारण पेयजल की मांग दो से तीन गुना बढ़ जाती है। लंबी नहरबंदी से जलापूर्ति में व्यवधान आया है, फिर भी अब नहर का पानी वापस पहुंच गया है। अगले सप्ताह तक पेयजल सप्लाई सामान्य हो जाएगी। आज मैं स्वयं कुड़ी होज गया था, जहां से हमारे लूणी क्षेत्र और आसपास के क्षेत्र में टैंकर से पानी की सप्लाई होती है। हाथी नहर और कायलाना, तख्तसागर से जो जलापूर्ति नहर से हो रही है, उसका दोपहर को मैंने निरीक्षण किया। पानी की सप्लाई निरंतर हो रही है। अधिकारियों का मानना है कि अगले सप्ताह तक सप्लाई सामान्य हो जाएगी। पिछली सरकार से बेहतर स्थिति जोगाराम पटेल ने कहा-पिछली सरकार के कार्यकाल के दौरान 7,000-8,000 किलोमीटर तक पानी की सप्लाई टैंकरों के जरिए होती थी और करीब 28,000 किलोलीटर नियमित सप्लाई होती थी। लेकिन अब हम करीब 13,000 किलोमीटर तक टैंकर से और करीब 33,000-34,000 किलोलीटर नियमित सप्लाई कर रहे हैं। विपक्षी दल के नेता सोशल मीडिया के जरिए आलोचना करते हैं, तो उन्हें आंकड़े देखने चाहिए। नियमित पेयजल सप्लाई सुचारू रूप से हो और सभी को पानी मिले, यह हमारा संकल्प है। हमने निर्देश दिए हैं कि नियमित पेयजल सप्लाई हो और अवैध कनेक्शन काटे जाएं, चाहे वह किसी व्यक्ति या पार्टी से जुड़ा हो। जो अवैध है, वह अवैध है और अवैध कनेक्शन काटे जाने चाहिए।
लखनऊ नगर निगम 615 कर्मचारियों पर कराएगा मुकदमा:थानों को भेजे गए नाम, जनगणना 2027 में लापरवाही बरती
जनगणना 2027 के मकान सूचीकरण में लापरवाही बरतने वाले कर्मचारियों और अधिकारियों के खिलाफ नगर निगम प्रशासन ने सख्त रुख अपनाया है। प्रशिक्षण प्राप्त करने और आवश्यक सामग्री मिलने के बावजूद बड़ी संख्या में कर्मचारी जनगणना कार्य में शामिल नहीं हो रहे हैं, जिससे काम में देरी हो रही है। नगर निगम के विभिन्न जोनों के कुल 615 कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई की गई है। इन कर्मचारियों पर जनगणना जैसे महत्वपूर्ण कार्य में लापरवाही और अनुपस्थित रहने का आरोप है। इसमें बेसिक शिक्षा विभाग, पीडब्ल्यूडी, सिंचाई विभाग, बाल विकास पुष्टाहार विभाग, पंचायत विभाग, सीएमओ कार्यालय समेत अन्य विभागों के कर्मचारी शामिल हैं। नगर निगम द्वारा ऐसे कर्मचारियों की सूची संबंधित थानों को भेजते हुए वैधानिक कार्रवाई और एफआईआर दर्ज करने का अनुरोध किया गया है। जोन-1 में 69 कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई नगर निगम जोन-1 की ओर से जारी पत्र में बताया गया कि जनगणना 2027 के लिए विभिन्न विभागों के कर्मचारियों की ड्यूटी प्रगणक और पर्यवेक्षक के रूप में लगाई गई थी। सभी कर्मचारियों को प्रशिक्षण देने के साथ किट और स्टेशनरी भी उपलब्ध करा दी गई थी, लेकिन 69 कर्मचारी कार्य में शामिल नहीं हुए। इसके बाद ऐसे कर्मचारियों की सूची थाना हजरतगंज को भेजते हुए एफआईआर दर्ज करवाने के लिए तहरीर दी गई है। जोन-7 में स्टेशनरी लेने तक नहीं पहुंचे कर्मचारी जोन-7 इंदिरानगर कार्यालय की ओर से जारी पत्र में कहा गया कि 62 कर्मचारी स्टेशनरी और नियुक्ति सामग्री लेने तक नहीं पहुंचे। कई कर्मचारियों के मोबाइल फोन बंद मिले या नंबर गलत पाए गए। अधिकारियों ने इसे सरकारी कार्यों के प्रति गंभीर लापरवाही बताया है। ऐसे कर्मचारियों की सूची थाना गाजीपुर को भेजते हुए एफआईआर दर्ज करवाने के लिए तहरीर दी गई है। जोन-3 और जोन-6 में एफआईआर की तैयारी नगर निगम के जोन-3 और जोन-6 में भी बड़ी संख्या में कर्मचारी अनुपस्थित पाए गए। जोन-3 में 244 कर्मचारियों के खिलाफ थाना अलीगंज में तथा जोन-6 में 165 कर्मचारियों के खिलाफ थाना ठाकुरगंज में सूची सहित कार्रवाई के लिए तहरीर भेजा गया है। संबंधित थानों से जनगणना अधिनियम 1948 की धारा-11 के तहत थाना अलीगंज व थाना ठाकुरगंज में एफआईआर दर्ज करने के लिए तहरीर दी गई है। 75 के खिलाफ होगा एक्शन नगर निगम जोन-8 की ओर से भी 75 कर्मचारियों के खिलाफ थाना आशियाना में कार्रवाई के लिए पत्र भेजा गया है। अधिकारियों के अनुसार इन कर्मचारियों को जनगणना पोर्टल पर आईडी बनाने के बाद कई बार दूरभाष और अन्य माध्यमों से सूचना दी गई, लेकिन इसके बावजूद उन्होंने नियुक्ति पत्र और स्टेशनरी प्राप्त नहीं की।। जनगणना अधिनियम में सजा का प्रावधान अधिकारियों ने कहा है कि जनगणना अधिनियम 1948 की धारा 4, 5 और 11 के तहत नियुक्त कर्मचारी ‘लोक सेवक’ माने जाते हैं और जनगणना कार्य में सहयोग करना उनका कानूनी दायित्व है। यदि कोई कर्मचारी इस कार्य से इंकार करता है या लापरवाही बरतता है तो उसके खिलाफ एक हजार रुपये तक जुर्माना और दोष सिद्ध होने पर तीन वर्ष तक की सजा का प्रावधान है। समय पर उपस्थिति नहीं होने पर कार्रवाई नगर निगम प्रशासन ने संबंधित विभागों को निर्देश दिए हैं कि अनुपस्थित कर्मचारियों को तत्काल जनगणना कार्य में शामिल कराया जाए। साथ ही चेतावनी दी गई है कि निर्धारित समय में उपस्थिति न होने पर संबंधित कर्मचारियों के खिलाफ दंडात्मक कार्रवाई के लिए जिलाधिकारी को रिपोर्ट भेजी जाएगी।
श्योपुर के पनवाड़ा गांव में शनिवार शाम खेत पर काम कर रहे लोगों पर हमलावरों ने ताबड़तोड़ फायरिंग और मारपीट कर दी। इस वारदात में एक युवक गोली लगने से गंभीर घायल हो गया, जबकि ग्राम सरपंच सहित अन्य लोगों को लाठी-डंडों से पीटा गया। हमलावर स्कॉर्पियो वाहन से आए थे और वारदात के बाद मौके से फरार हो गए। घटना से आक्रोशित होकर बड़ी संख्या में ग्रामीण लाठी-डंडों के साथ कराहल थाने पहुंच गए और पुलिस से भिड़ गए, जिसके बाद उन्होंने श्योपुर-शिवपुरी हाईवे पर चक्काजाम कर दिया। पुलिस ने लोगों को भगाने के लिए आसूं गैस के गोले फेंके। सात राउंड फायरिंग, पेट में लगी गोली जानकारी के अनुसार, राजस्व विभाग द्वारा हाल ही में जमीन का सीमांकन किए जाने के बावजूद कब्जेधारी जमीन नहीं छोड़ रहे थे। जब युवक गंगाराम अपने खेत पर काम कर रहा था, तभी स्कॉर्पियो से आए 10-12 हमलावरों ने उसपर फायरिंग कर दी और परिजनों के साथ मारपीट की। वाहन में सवार आरोपियों ने उतरते ही करीब सात राउंड फायरिंग की। इस दौरान एक गोली गंगाराम आदिवासी के पेट में जा लगी, जिससे वह लहूलुहान होकर जमीन पर गिर पड़ा। पुलिस मामले में हमलावरों की शिनाख्त और उनकी धरपकड़ के प्रयास कर रही है। सरपंच और भाई के साथ लाठी-डंडों से मारपीट फायरिंग के बाद आरोपियों ने खेत पर मौजूद अन्य लोगों को भी निशाना बनाया। हमलावरों ने लाठी-डंडों से हमला कर पनवाड़ा सरपंच रामावतार आदिवासी और उनके भाई बाबूलाल आदिवासी को घायल कर दिया। इस हमले में कुछ अन्य ग्रामीणों को भी चोटें आई हैं। घटना के बाद पीड़ित पक्ष ने किसी तरह भागकर कराहल थाने पहुंचकर पुलिस को आपबीती सुनाई। लाठी-डंडों के साथ पुलिस से भिड़े ग्रामीण इस घटना से आक्रोशित होकर बड़ी संख्या में ग्रामीण लाठी-डंडों के साथ कराहल थाने पहुंच गए और पुलिस से भिड़ गए, जिसके बाद उन्होंने श्योपुर-शिवपुरी हाईवे पर चक्काजाम कर दिया। मौके पर विधायक मुकेश मल्होत्रा और एसडीएम सहित भारी पुलिस बल तैनात रहा, जबकि ग्रामीण आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी की मांग पर अड़े रहे घायल अस्पताल में भर्ती, पुलिस जांच में जुटी सूचना मिलते ही पुलिस बल मौके पर पहुंचा और गंभीर रूप से घायल गंगाराम को तत्काल उपचार के लिए अस्पताल भिजवाया। पुलिस ने घटनास्थल का मुआयना कर साक्ष्य जुटाए हैं। प्राथमिक तौर पर मामला पुरानी रंजिश या भूमि विवाद से जुड़ा होने की आशंका जताई जा रही है। कराहल थाना पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज कर तलाश तेज कर दी है।
रायसेन जिला अस्पताल ने स्वास्थ्य सेवाओं के क्षेत्र में एक नई उपलब्धि हासिल की है। अस्पताल के स्त्री रोग विभाग ने शनिवार शाम को जिले में पहली बार दूरबीन पद्धति (लेप्रोस्कोपी) से बच्चेदानी निकालने का जटिल ऑपरेशन सफलतापूर्वक किया। इस सर्जरी में पहली बार इंट्रा-कॉर्पोरियल सूचरिंग तकनीक का भी उपयोग किया गया। ग्राम बांछोर निवासी 50 वर्षीय रजनी को 19 मई को जिला अस्पताल में भर्ती किया गया था। वह पिछले तीन वर्षों से अत्यधिक मासिक रक्तस्राव की समस्या से पीड़ित थीं। पिछले 15 दिनों से लगातार ब्लीडिंग के कारण उनकी हालत गंभीर हो गई थी। पूरी सर्जरी के दौरान सीएमएचओ डॉ दिनेश खत्री भी मौजूद रहे। उन्होंने टीम का उत्साह वर्धन किया। दवा से आराम नहीं मिला तो जांच कराई गईडॉक्टरों ने पहले तीन महीने तक दवाइयों से इलाज किया, लेकिन आराम न मिलने पर जांच कराई गई। जांच में महिला को एडेनोमायोसिस बीमारी होने की पुष्टि हुई, जिसके बाद डॉक्टरों की टीम ने आधुनिक दूरबीन पद्धति से ऑपरेशन करने का निर्णय लिया। स्त्री रोग विशेषज्ञ डॉ. दीपक गुप्ता के नेतृत्व में शनिवार को यह सर्जरी सफलतापूर्वक संपन्न हुई। डॉक्टरों ने बताया कि लेप्रोस्कोपिक तकनीक में बड़े चीरे की आवश्यकता नहीं होती। इससे मरीज को कम दर्द होता है, संक्रमण का खतरा कम होता है और रिकवरी भी तेजी से होती है। जिला अस्पताल में यह सुविधा शुरू होने से अब मरीजों को बड़े शहरों में जाने की जरूरत नहीं पड़ेगी। इस सफल ऑपरेशन में अस्पताल प्रबंधन, वरिष्ठ अधिकारियों और विशेषज्ञ डॉक्टरों की टीम का महत्वपूर्ण योगदान रहा। ऑपरेशन के बाद महिला की हालत स्थिर बताई जा रही है, जिसे स्वास्थ्य सेवाओं के क्षेत्र में एक बड़ी उपलब्धि माना जा रहा है।
देवास में टोंककला पटाखा फैक्ट्री ब्लास्ट मामले में शनिवार को कुछ मजदूरों के बयान कोर्ट में दर्ज किए गए। बीएनपी थाना पुलिस की टीम दोपहर में मजदूरों को कोर्ट लेकर पहुंची थी। बयान दर्ज होने के बाद मजदूरों ने मीडिया के सवालों का कोई जवाब नहीं दिया और पुलिस उन्हें अपने साथ ले गई। इस बीच, मामले के मुख्य आरोपी मुकेश विज से पुलिस रिमांड के दौरान लगातार पूछताछ कर रही है। जांच अभी शुरुआती चरण में है। पुलिस आरोपी से फैक्ट्री संचालन, विस्फोट के कारणों और अन्य महत्वपूर्ण बिंदुओं पर जानकारी जुटा रही है। चीन से लौटते ही गिरफ्तार हुआ था मुख्य आरोपीगौरतलब है कि आरोपी मुकेश विज को दिल्ली एयरपोर्ट से गिरफ्तार किया गया था। वह चीन से लौटकर दिल्ली एयरपोर्ट पहुंचा था, जहां से पुलिस टीम उसे देवास लाई थी। इसके बाद आरोपी को सोनकच्छ कोर्ट में पेश किया गया, जिसने उसे 27 मई तक पुलिस रिमांड पर भेज दिया। पुलिस अब फैक्ट्री संचालन से जुड़े दस्तावेजों और विस्फोट के विभिन्न पहलुओं की जांच कर रही है।
सोनीपत जिले के थाना मुरथल की पुलिस टीम ने मुरथल फ्लाईओवर के नीचे एक युवक की बेरहमी से हत्या करने के मामले में एक आरोपी को गिरफ्तार करने में बड़ी कामयाबी हासिल की है। पुलिस गिरफ्त में आए आरोपी की पहचान बिहार के फिरोजगढ़ निवासी बबलू राम के रूप में हुई है, जो फिलहाल सोनीपत के मुरथल गांव में रह रहा था। पुलिस ने आरोपी को कोर्ट में पेश करके दो दिन के पुलिस रिमांड पर लिया है। पुलिस प्रवक्ता के अनुसार, बीती 5 मई 2026 को क्षेत्र के रहने वाले महेश ने थाना मुरथल में एक शिकायत दर्ज कराई। शिकायतकर्ता ने बताया कि सुबह करीब 7 बजे जब वह अपनी दुकान का सामान लेने सोनीपत जा रहा था, तो उसे मुरथल फ्लाईओवर के नीचे सुलभ शौचालय के बाहर भारी भीड़ जमा दिखी। उसने पास जाकर देखने पर सुलभ शौचालय के गेट के पास एक अज्ञात युवक खून से लथपथ हालत में पड़ा मिला। उसके सिर, मुंह और पैरों पर गंभीर चोटों के निशान थे। मौके पर पहुंची एम्बुलेंस ने घायल को तुरंत इलाज के लिए सोनीपत के डॉक्टर के पास अस्पताल पहुंचाया, लेकिन घाव गहरे होने के कारण उसकी मौत हो गई। किसी अज्ञात हमलावर ने जान से मारने की नियत से धारदार या भारी हथियार से युवक पर हमला किया था, जिसके बाद पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता की धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज कर तफ्तीश शुरू की थी। मुकदमा दर्ज होने के बाद थाना मुरथल की पुलिस टीम में नियुक्त सहायक उप निरीक्षक युद्धवीर ने अपनी टीम के साथ मिलकर मामले की जांच को आगे बढ़ाया। पुलिस ने टेक्निकल सर्विलांस और गुप्त सूचनाओं के आधार पर जाल बिछाते हुए इस हत्याकांड में शामिल आरोपी बबलू राम को धर दबोचा। पुलिस के अनुसार, वारदात की असली वजह और हत्या में इस्तेमाल किए गए हथियार की बरामदगी के लिए आरोपी को कोर्ट के आदेशानुसार दो दिन के पुलिस रिमांड पर लिया गया है। पुलिस का कहना है कि रिमांड के दौरान आरोपी से गहनता से पूछताछ की जाएगी ताकि यह साफ हो सके कि इस वारदात को अंजाम देने के पीछे क्या मकसद था और क्या इसमें कोई और भी शामिल है।
सोनीपत जिले की SUAG यूनिट सेक्टर-7 पुलिस टीम ने खरखौदा कोर्ट के बाहर हुई गोलीबारी में एक व्यक्ति की हत्या के मामले में दूसरे मुख्य आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी की पहचान झज्जर जिले के दुबलधन गांव निवासी अवन उर्फ काला के रूप में हुई है। पुलिस ने उसे कोर्ट में पेश कर दो दिन के रिमांड पर लिया है। इस मामले में एक अन्य आरोपी को पहले ही गिरफ्तार किया जा चुका है। यह घटना खरखौदा कोर्ट परिसर के बाहर हुई थी। झज्जर जिले के दुबलधन गांव निवासी सत्यवान ने खरखौदा थाने में शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत के अनुसार, उनके भाई नीरज उर्फ कातिया का अपनी पत्नी के साथ दहेज का मामला खरखौदा कोर्ट में चल रहा था। 16 मई 2024 को नीरज तारीख पर कोर्ट आया था। दोपहर करीब 12:15 बजे जब वह कोर्ट से बस अड्डे की ओर जा रहे थे और तहसील गेट के सामने पहुंचे, तो एक सफेद ब्रेजा कार ने उन्हें टक्कर मार दी। टक्कर लगने से नीरज सड़क पर गिर गए। कार से तीन अज्ञात युवक उतरे और नीरज पर ताबड़तोड़ गोलियां बरसा दीं। गोलियां लगने से नीरज की मौके पर ही मौत हो गई। शिकायतकर्ता सत्यवान ने अपने बयान में अवन उर्फ काला, साहिल और आर्यन (तीनों निवासी दुबलधन) पर नीरज को गोली मारने का शक जताया है। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि अमित (अवन उर्फ काला का भांजा, निवासी मुरथल, सोनीपत), विकास (निवासी माजरा, सोनीपत), एक महिला और विक्की (निवासी पाई किडोली, सोनीपत) ने मिलकर नीरज की हत्या की साजिश रची थी। SUAG यूनिट सेक्टर-7 की अनुसंधान टीम में नियुक्त उप निरीक्षक कृष्ण ने मामले की विस्तृत जानकारी देते हुए बताया कि इस सनसनीखेज हत्याकांड के बाद पुलिस लगातार आरोपियों के ठिकानों पर दबिश दे रही थी। पुलिस टीम ने नियमानुसार त्वरित कार्रवाई करते हुए घटना में संलिप्त एक आरोपी सन्नी को पहले ही गिरफ्तार कर लिया था। अब पुलिस टीम ने मुस्तैदी दिखाते हुए घटना के दूसरे मुख्य आरोपी अवन उर्फ काला को भी दबोच लिया है। पुलिस अधिकारियों के मुताबिक, पकड़े गए आरोपी को कोर्ट में पेश किया गया, जहां से उसे दो दिन के पुलिस रिमांड पर भेज दिया गया है। रिमांड के दौरान आरोपी से वारदात में इस्तेमाल गाड़ी, हथियार और इस साजिश में शामिल अन्य फरार आरोपियों के ठिकानों के बारे में गहनता से पूछताछ की जाएगी। पुलिस का दावा है कि जल्द ही बाकी आरोपियों को भी सलाखों के पीछे भेज दिया जाएगा।
दुर्ग के तालपुरी इलाके में शनिवार शाम फॉरेस्ट नर्सरी में अचानक आग लगने से अफरा-तफरी मच गई। आग पहले सूखी झाड़ियों में लगी और देखते ही देखते नर्सरी के अंदर लगे पेड़ों तक पहुंच गई। आग की लपटें तेजी से फैलने लगीं, जिसके बाद आसपास के लोगों ने तुरंत इसकी सूचना दुर्ग अग्निशमन कार्यालय को दी। सूचना मिलते ही अग्निशमन विभाग की दो दमकल टीम मौके के लिए रवाना की गई। घटना शाम करीब 7:15 बजे की बताई जा रही है। आग फॉरेस्ट नर्सरी हुडको के सामने स्थित क्षेत्र में लगी। मामला पद्मनापुर थाना क्षेत्र का है। मौके पर पहुंची फायर ब्रिगेड की टीम ने देखा कि नर्सरी के अंदर पेड़ों और सूखी झाड़ियों में तेज आग लगी हुई है। आग लगातार फैल रही थी, जिससे बड़ी घटना होने का खतरा बन गया था। काफी मशक्कत के बाद आग पर पाया काबूअग्निशमन कर्मियों ने अलग-अलग दिशा से पानी की बौछार शुरू की और काफी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। फायर टीम की तेजी से कार्रवाई के चलते आग को आसपास के हिस्सों में फैलने से रोक लिया गया। राहत की बात यह रही कि घटना में किसी प्रकार की जनहानि नहीं हुई। फिलहाल आग लगने का कारण साफ नहीं हो पाया है। शुरुआती जानकारी के अनुसार सूखी झाड़ियों में आग लगने के बाद वह नर्सरी के अंदर तक पहुंच गई थी। विभाग की ओर से मामले की जांच की जा रही है। झाड़ियों में आग लगने की जताई जा रही आशंकाघटना की जानकारी मिलते ही जिला अग्निशमन अधिकारी नागेंद्र कुमार सिंह ने पूरे रेस्क्यू ऑपरेशन की निगरानी की। नागेंद्र कुमार सिंह ने बताया कि मौके पर अग्निशमन सहायक प्रभारी और स्टेशन प्रभारी प्रवीण बारा और संतोष पांडेय मौजूद रहे। शुरुआती जांच में झाड़ियों में आग लगने की बात सामने आ रही है, लेकिन अभी कुछ भी स्पष्ट नहीं कहा जा सकता है। जांच के बाद ही इसकी पुष्टि हो पाएगी।
भोपाल के स्मार्ट सिटी एरिया में निर्माणाधीन एक बिल्डिंग पर ग्रीन नेट नहीं लगाने पर जुर्माने की कार्रवाई की गई है। नगर निगम ने बिल्डिंग मालिक पर 50 हजार रुपए का जुर्माना किया है। कमिश्नर संस्कृति जैन के निर्देश पर यह कार्रवाई की गई। कमिश्नर जैन ने भवन अनुज्ञा की शर्तों का पालन न करने, निर्माणाधीन भवन पर ग्रीन नेट न लगाने, सड़कों पर भवन निर्माण सामग्री रखने वालों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई करने को कहा है। शनिवार को साउथ टीटी नगर स्मार्ट सिटी एरिया में भूखंड नंबर-83 पर जारी भवन अनुज्ञा की शर्तों का उल्लंघन करने और स्वच्छता के निर्धारित मानकों का पालन न करने पर मेसर्स गिरजा इंफ्रास्ट्रक्चर्स के आदर्श मल्होत्रा, यूनाईटेड लैंड होल्डिंग के रूपम सेवानी एवं महाकौशल शुगर एंड पॉवर इंडस्ट्रीज के नबाव रजा को संयुक्त रूप से नोटिस जारी किया है। नोटिस में यह कहानोटिस में कहा गया है कि भवन निर्माण स्थल पर प्रावधानित शर्तों के बिंदू अनुसार ‘निर्माण कार्य के दौरान निर्माण स्थल के चारों ओर स्टेजिंग/नेट लगाकर कार्य करना अनिवार्य होगा और कोई भी निर्माण सामग्री रोड/फुटपाथ पर नहीं रखी जाएगी’ का उल्लंघन किया जा रहा है। नोटिस में संबंधित बिल्डर्स को निर्देशित किया कि उक्त निर्माण कार्य के संबंध में सभी दिशा निर्देशों का पालन किया जाए, वरना आपके विरुद्ध मध्यप्रदेश नगर पालिक निगम अधिनियम 1956 व मध्यप्रदेश भूमि विकास नियम 2012 के तहत कार्यवाही की जाएगी। इसलिए जुर्माने की कार्रवाईनिगम के स्वास्थ्य विभाग के अमले ने उपरोक्त बिल्डर्स द्वारा निर्माणाधीन भवन पर ग्रीन नेट न लगाने तथा सड़क एवं फुटपाथ पर भवन निर्माण सामग्री रखकर गंदगी फैलाने और वायु गुणवत्ता को भी प्रभावित करने पर 50 हजार रुपए का जुर्माना वसूल किया। आगे से निर्माणाधीन भवन पर ग्रीन नेट लगाकर ही कार्य कराने और भवन निर्माण सामग्री सड़कों, फुटपाथों पर न रखने की चेतावनी दी।
सीकर की जीणमाता थाना पुलिस ने घर से नाबालिग लड़की को भगाने के मामले में डेढ़ साल से फरार चल रहे आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने युवती को भी दस्तयाब करके सखी सेंटर में दाखिल करवा दिया है। आरोपी युवक ने नाबालिग के बालिग होने पर उससे शादी भी कर ली थी। SHO राकेश कुमार मीणा ने बताया कि 10 अक्टूबर 2024 को 17 साल की नाबालिग लड़की के पिता ने पुलिस थाने पर मुकदमा दर्ज करवाया था कि उनकी बेटी 30 सितंबर 2024 को घर पर अकेली थी। इसी दौरान एक युवक उनके घर पर आया और बेटी को बहला- फुसलाकर अपने साथ ले गया। पुलिस ने कई बार नाबालिग लड़की को दस्तयाब करने और आरोपी को गिरफ्तार करने के लिए संभावित स्थानों पर दबिश दी। लेकिन पुलिस को सफलता हाथ नहीं लगी। इस बीच पुलिस को क्लू मिला कि आरोपी युवक युवती को अपने साथ पलसाना एरिया में लेकर आया है। जहां से पुलिस ने आरोपी युवक को गिरफ्तार किया और युवती को सखी सेंटर में दाखिल करवाया। आरोपी युवक नाबालिग लड़की को अपने साथ महाराष्ट्र लेकर चला गया था। नाबालिग के बालिग होते ही उसने शादी भी कर ली थी। आरोपी युवक वह मेहनत मजदूरी करके अपना गुजारा कर रहा था।
कुरुक्षेत्र जिले के शाहाबाद एरिया में शनिवार दोपहर को तेज आंधी की से पेड़ से टूटकर गिरी भारी टहनी की वजह से बुजुर्ग महिला की मौत हो गई। हादसा उस समय हुआ, जब महिला अपने घर पैदल लौट रही थी। परिवार के लोग उसे अस्पताल भी लेकर गए, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। मृतक महिला की पहचान 62 साल की निर्मला देवी पत्नी रमेश कुमार निवासी जंधेड़ी के रूप में हुई। पुलिस ने सूचना पाकर शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। कल रविवार को शव का पोस्टमॉर्टम करवाया जाएगा। हालांकि परिवार के लोग पहले पोस्टमॉर्टम करवाने से मना कर रहे थे। तेज आंधी में टूटी टहनी जसविंद्र सिंह ने पुलिस को बयान दिया कि दोपहर करीब साढ़े 12 बजे उसकी मां निर्मला देवी लाडवा रोड से सड़क के किनारे से होते हुए गांव की तरफ पैदल आ रही थी। इसी दौरान अचानक मौसम खराब हो गया और तेज आंधी चलने लगी। उसकी मां गांव के राधा स्वामी सत्संग घर के नजदीक पहुंची, तभी सड़क किनारे खड़े बड़े सफेदे के पेड़ की भारी टहनी टूटकर उनके ऊपर आ गिरी। गर्दन में लगने से मौत टहनी सीधे गर्दन पर लगने से उसकी मां निर्मला देवी गंभीर रूप से घायल हो गई। आसपास मौजूद लोगों ने तुरंत उन्हें उठाया और नागरिक अस्पताल शाहाबाद लेकर पहुंचे, लेकिन यहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। हादसा इतना अचानक हुआ कि किसी को संभलने का मौका तक नहीं मिला। कल होगा पोस्टमॉर्टम थाना शाहाबाद के SHO जगदीश टामक ने बताया कि सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची और हालात का जायजा लिया। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी है। हालांकि पहले परिवार के लोग पोस्टमॉर्टम के लिए सहमत नहीं थे। पुलिस के समझाने के बाद कल रविवार को पोस्टमॉर्टम करवाया जाएगा।
बड़वानी जिले के अंजड़ में बिजली की अनियमित आपूर्ति और रखरखाव में लापरवाही से नाराज किसानों ने शनिवार शाम ऊर्जा मंत्री प्रद्युम्न सिंह तोमर का पुतला जलाया। राष्ट्रीय किसान मजदूर महासंघ के नेतृत्व में किसानों ने अंजड़ बिजली ग्रिड पर प्रदर्शन कर तहसीलदार भूपेंद्र भिड़े को ज्ञापन दिया। किसानों ने दावा किया कि निर्धारित शेड्यूल के विपरीत दिन में 4 घंटे और रात में केवल 2 घंटे ही बिजली मिल रही है। तीन दिनों तक आपूर्ति ठप, 18 लाख का नुकसान दबाना ग्रिड की 11KV लाइन में खराबी के कारण रसवा, सेमल्दाडेब और लखनगांव में तीन दिनों तक बिजली बंद रही। सिंचाई न होने से इन क्षेत्रों की लगभग 1000 एकड़ कपास की फसल सूख गई। महासंघ के अनुसार इससे किसानों को करीब 18 लाख का आर्थिक नुकसान हुआ है। लटकते तार और फाल्ट से बढ़ी किसानों की परेशानी किसानों ने आरोप लगाया कि रखरखाव न होने से बिजली के तार लटक रहे हैं और लगातार फाल्ट हो रहे हैं। ग्रामीणों ने 11KV लाइनों के पास पेड़ों की छंटाई, जले ट्रांसफॉर्मर बदलने और बिजली चोरी रोकने की मांग की है। अधिकारियों द्वारा फोन न उठाने और रात 2 बजे के बाद बिजली देने पर भी नाराजगी जताई गई। नकली खाद बेचने वाली कंपनी पर एफआईआर हो ज्ञापन के माध्यम से ग्राम सोगाव में पकड़े गए नकली खाद के ट्राले का मुद्दा भी उठाया गया। किसानों ने संबंधित खाद कंपनी को प्रतिबंधित करने और उसके मालिक पर तत्काल एफआईआर दर्ज करने की मांग की। उन्होंने चेतावनी दी कि फसल नुकसान की भरपाई और दोषियों पर कार्रवाई न होने पर बड़ा आंदोलन किया जाएगा।
बकरीद से पहले गौवंश हत्या और गौवंश तस्करी पर रोक लगाने की मांग को लेकर शनिवार को विश्व हिंदू परिषद एवं गौ रक्षा विभाग के पदाधिकारियों ने मंदसौर कलेक्टर कार्यालय पहुंचकर तहसीलदार को राज्यपाल मंगूभाई पटेल के नाम ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में संगठन ने प्रदेश में गौवंश संरक्षण को लेकर कठोर कार्रवाई सुनिश्चित करने की मांग उठाई। विश्व हिंदू परिषद गौ रक्षा विभाग मालवा प्रांत एवं देशी गौवंश रक्षण संवर्धन न्यास की ओर से कहा गया कि गौवंश भारतीय संस्कृति, सात्विक ऊर्जा, आर्थिक समृद्धि और आरोग्य का महत्वपूर्ण आधार है। संगठन ने चिंता जताते हुए कहा कि देशभर में गौवंश तस्करी और हत्या की घटनाएं लगातार बढ़ रही हैं, विशेषकर बकरीद के अवसर पर ऐसी गतिविधियों में वृद्धि देखने को मिलती है। संगठन ने बताया कि मध्यप्रदेश में गौवंश संरक्षण के लिए कठोर कानून होने के बावजूद पुलिस-प्रशासन की लापरवाही अथवा मिलीभगत के कारण गौवंश तस्कर सक्रिय हैं। ऐसे में कई बार गौरक्षकों को स्वयं सड़क पर उतरकर कार्रवाई करनी पड़ती है, जिससे कानून-व्यवस्था और सामाजिक तनाव की स्थिति बनती है। मुस्लिम समाज से भी की सहयोग की अपीलकई मुस्लिम उलेमाओं द्वारा गौकशी के विरोध में बयान दिए जाने के बावजूद घटनाओं में कमी नहीं आई है। संगठन ने मुस्लिम समाज के विद्वानों, नेताओं और वरिष्ठजनों से समाज में जागरूकता लाने और गौवंश संरक्षण के लिए सहयोग करने की अपील की। विश्व हिंदू परिषद ने मांग की कि बकरीद के दौरान गौवंश परिवहन में किसी प्रकार की प्रशासनिक ढील नहीं दी जाए। साथ ही पुलिस-प्रशासन गौवंश तस्करों और हत्या में शामिल लोगों के खिलाफ स्वतः संज्ञान लेकर सख्त कार्रवाई करे, ताकि गौरक्षकों को सड़कों पर उतरने की आवश्यकता न पड़े। गौ माता को “राज्यमाता” घोषित करने की मांगसंगठन ने मध्यप्रदेश शासन से मांग की कि राजस्थान और महाराष्ट्र की तर्ज पर गौ माता को “राज्यमाता” का दर्जा दिया जाए। इसके अलावा प्रदेशभर की गौचर भूमि से अतिक्रमण हटाकर उन्हें मुक्त कराने की भी मांग रखी गई। इस दौरान विश्व हिंदू परिषद मालवा प्रांत मंत्री विनोद शर्मा एवं प्रांत गौरक्षा प्रमुख जगदीश धाकड़ सहित संगठन के कई पदाधिकारी उपस्थित रहे।
सीकर शहर में सदर थाना इलाके की श्याम कॉलोनी में अज्ञात चोरों ने एक सूने मकान को निशाना बनाते हुए दिनदहाड़े चोरी की। चोरों ने घर के ताले तोड़कर लाखों रुपए के सोने-चांदी के जेवर, कीमती रत्न और ₹40,000 की नकदी पार कर दिए। घटना के समय पीड़ित परिवार अपने बच्चों के साथ एक फैमिली फंक्शन में शामिल होने के लिए गांव गया हुआ था। चोर पड़ोस के एक सीसीटीवी कैमरे की फुटेज में जाते हुए नजर भी आ रहे हैं। चोरी के संबंध में श्याम कॉलोनी निवासी पीड़िता ने सदर थाने में मामला दर्ज कराया है। पुलिस थाने में दर्ज रिपोर्ट के अनुसार पीड़िता ने बताया कि 21 मई को सुबह करीब 9 बजे एक फैमिली फंक्शन में शामिल होने के लिए बच्चों सहित पुरोहितजी की ढाणी गई हुई थी। शाम करीब 7 बजे घर वापस लौटी, तो मुख्य दरवाजे के ताले टूटे मिले। अंदर जाकर देखा तो कमरों की अलमारी, बक्से और दराजों के ताले टूटे पड़े थे और पूरा सामान फर्श पर बिखरा हुआ था। पीड़िता ने पुलिस को बताया कि चोरों ने पूरे घर के कीमती सामान को चुरा लिया। चोरों ने सोने के झूमर, नोजपिन, चांदी की पायल, अंगूठियां, बिछिया, गले की चेन व कड़ा समेत 40,000 रुपए नकद चुरा लिए। मामले की जांच ASI सुंडाराम के जिम्मे सौंपी है। पुलिस अब घटना स्थल से जाने वाले सभी रुट पर लगे CCTV कैमरों की फुटेज खंगाल रही है ताकि अज्ञात बदमाशों का सुराग लगाया जा सके।
लखनऊ से कानपुर आकर चोरी की वारदात को अंजाम देने वाले मामा-भांजे को कलक्टरगंज पुलिस ने गिरफ्तार कर जेल भेजा। आरोपियों ने कलक्टरगंज बाजार से एक व्यापारी के दो सिगरेट का गत्ता पार कर दिया था। 100 से अधिक सीसीटीवी कैमरों की फुटेज देखने के बाद पुलिस आरोपियों तक पहुंची। 16 मई को बांदा के व्यापारी से चोरी की थी कलक्टरगंज थाना प्रभारी विनय तिवारी ने बताया कि बीती 16 मई को बांदा के रहने वाले व्यापारी रोहित गुप्ता कलक्टरगंज बाजार आए थे। इस दौरान किसी ने उनका सिगरेट का एक गत्ता चोरी कर लिया, जिसकी शिकायत उन्होंने थाने में की। जिसके बाद टीम ने सीसीटीवी कैमरे की फुटेज देखा तो स्कूटी सवार दो युवक गत्ता चोरी करके ले जाते दिखे। पुलिस ने 100 सीसीटीवी कैमरे जांचे पुलिस टीम ने 100 से अधिक सीसीटीवी कैमरों की फुटेज देखकर स्कूटी का नंबर निकाला। जिसके आधार पर टीम ने आरोपियों की तलाश शुरू की। इस बीच शुक्रवार देर रात आरोपी दोबारा शहर में चोरी की वारदात को अंजाम देने पहुंचे। तभी टीम ने घंटाघर चौराहा स्थित शराब के ठेके के पास से लखनऊ के मानक नगर निवासी शाहबाज और उसके मामा हकीकत निवासी न्यू हिण्डन विहार गाजियाबाद को गिरफ्तार किया।
सरगुजा में रिश्तों को शर्मशार करने वाले एक मामले में पिता ने अपनी ही 11 वर्षीय बेटी के साथ रेप किया। घटना के दौरान पीड़िता की मां घर में नहीं थी। मां के लौटने पर बेटी ने मामले की जानकारी दी। पीड़िता को लेकर मां ने थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई। पुलिस ने मामले में तत्काल कार्रवाई करते हुए आरोपी पिता को गिरफ्तार कर लिया है। लोगों के आक्रोश को देखते हुए आरोपी को कड़ी सुरक्षा में कोर्ट लाया गया। मामला गांधीनगर थाना क्षेत्र का है। जानकारी के मुताबिक, घटना 20 मई दोपहर की है। पीड़ित बच्ची की मां घर पर नहीं थी। आरोपी ने किसी को घटना की जानकारी देने पर मारने की धमकी भी दी। 21 मई को जब आरोपी पिता घर पर नहीं था तो बालिका ने रोते हुए घटना की जानकारी अपनी मां को दी। पीड़िता को साथ लेकर मां गांधीनगर थाने पहुंची और घटना की रिपोर्ट दर्ज कराई। आरोपी पिता भेजा गया जेल मामले में पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए आरोपी पिता को गिरफ्तार कर लिया है। घटना की जानकारी मिलने पर बड़ी संख्या में लोग थाने पहुंच गए। लोगों के आक्रोश को देखते हुए पुलिस कड़ी सुरक्षा में आरोपी को लेकर कोर्ट पहुंची। गांधीनगर थाना प्रभारी प्रवीण कुमार द्विवेदी ने बताया कि पुलिस ने आरोपी को कोर्ट में पेश किया, जहां से उसे न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया है। पुलिस के अनुसार आरोपी एक अन्य बालिका के साथ छेड़छाड़ के मामले में पहले भी जेल जा चुका है। अधिवक्ता नहीं करेंगे पैरवी पिता द्वारा हैवानियत किए जाने की घटना को लेकर अधिवक्ताओं में भी आक्रोश है। जिला अधिवक्ता संघ ने मामला सही मिलने पर मामले में पैरवी नहीं करने का निर्णय लिया है। वहीं लोगों ने आरोपी को फांसी की सजा देने की मांग की है।
छतरपुर शहर के सिटी कोतवाली थाना क्षेत्र अंतर्गत छत्रसाल चौराहे पर शनिवार को उस समय अफरा-तफरी का माहौल बन गया, जब बीच सड़क पर दो महिलाओं के बीच जमकर मारपीट हो गई। दोनों महिलाएं एक-दूसरे के बाल पकड़कर सड़क पर ही भिड़ गईं। घटना को देखने के लिए मौके पर लोगों की भीड़ जमा हो गई। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, विवाद इतना बढ़ गया कि दोनों महिलाएं एक-दूसरे को पकड़कर सड़क पर घसीटते हुए मारपीट करती रहीं। आसपास मौजूद लोगों ने बीच-बचाव करने की कोशिश भी की, लेकिन काफी देर तक दोनों के बीच विवाद चलता रहा। इस दौरान वहां मौजूद कुछ लोगों ने पूरी घटना का वीडियो अपने मोबाइल में रिकॉर्ड कर लिया। घटना का वीडियो अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो में दोनों महिलाएं सार्वजनिक स्थान पर एक-दूसरे से उलझती दिखाई दे रही हैं, जबकि आसपास खड़े लोग तमाशबीन बने नजर आ रहे हैं। वीडियो सामने आने के बाद हरकत में आई पुलिसमामले का वीडियो सामने आने के बाद सिटी कोतवाली पुलिस जांच में जुट गई है। पुलिस का कहना है कि वायरल वीडियो के आधार पर घटना की जानकारी जुटाई जा रही है और महिलाओं की पहचान करने का प्रयास किया जा रहा है। हालांकि, मारपीट की वजह अभी स्पष्ट नहीं हो सकी है। शुरुआती जानकारी के मुताबिक दोनों महिलाओं के बीच किसी बात को लेकर विवाद हुआ था, जो देखते ही देखते सड़क पर झगड़े में बदल गया। चौराहे पर लगा रहा जाम जैसा माहौलघटना के दौरान छत्रसाल चौराहे पर कुछ देर के लिए जाम जैसे हालात बन गए। राहगीर रुककर घटना देखने लगे, जिससे यातायात भी प्रभावित हुआ। पुलिस ने लोगों से सार्वजनिक स्थानों पर विवाद और कानून व्यवस्था बिगाड़ने जैसी घटनाओं से बचने की अपील की है।
फर्रुखाबाद में शनिवार शाम 7 बजे के करीब एक बंदर को बिजली का करंट लग गया। वह पोल से नीचे गिर गया, जिसके बाद स्थानीय लोगों ने उसे 15 मिनट तक थपथपाकर बचाया। होश आने पर वहां मौजूद लोगों ने 'जय श्री राम' के नारे लगाए। यह घटना फर्रुखाबाद शहर के लाल सराय पानी की टंकी के पास शाम 7 बजे के करीब हुई। बंदर एक विद्युत पोल से चिपक गया और करंट लगने के बाद सड़क पर आ गिरा। पास की दुकान पर बैठे सब्जी विक्रेता कमलू ने तुरंत बोरिया डालकर बंदर को रगड़ना और दबाना शुरू कर दिया। वहां से गुजर रहे आशीष भदौरिया भी मदद के लिए रुक गए और बंदर के हाथ-पैरों को तेजी से रगड़ने लगे। करीब 15 मिनट तक चले इस प्रयास के बाद बंदर ने हल्का झटका लिया और उठने की कोशिश की। इस पर वहां मौजूद लोगों ने 'जय श्री राम' के नारे लगाए। हालांकि, बंदर एक बार फिर गिर गया, जिसके बाद उसे दोबारा रगड़ा गया। कुछ देर बाद बंदर उठकर चला गया।बंदर की जान बचाने के लिए दोनों युवकों, कमलू और आशीष भदौरिया की लोगों ने खूब सराहना की। लाल सराय पानी की टंकी वाला रास्ता फर्रुखाबाद शहर में अंदर की ओर जाता है। बंदर गिरा और वहां दो युवक उसको रगड़ने लगे। ऐसे में लोगों की भीड़ जमा हो गई। भीड़ लगने पर सड़क पर जाम की स्थिति बन गई। वहां मौजूद पिकेट ने लोगों को सड़क से हटाया। तब जाकर वाहनों का आवागमन शुरू हुआ।
संभल में पुरुषोत्तम मास के अवसर पर आयोजित श्रीमद्भागवत कथा में शनिवार को बड़ी संख्या में श्रद्धालु कथा स्थल पर पहुंचे। इस दौरान कथा श्रवण कर भक्तों ने धर्म लाभ प्राप्त किया और आध्यात्मिक उल्लास का वातावरण बना रहा। वृंदावन से आए कथावाचक आचार्य अनंत दास जी महाराज ने श्रीमद्भागवत महापुराण की महिमा बताई। उन्होंने कहा कि भागवत कथा मानव जीवन को सही मार्ग पर चलने की प्रेरणा देती है। आचार्य जी ने मंगलाचरण के साथ कथा का शुभारंभ किया और सृष्टि वर्णन के माध्यम से भगवान की दिव्य लीलाओं का विस्तार से उल्लेख किया। कथा के क्रम में आचार्य अनंत दास ने नारद जी के पूर्व जन्म की कथा सुनाई। उन्होंने बताया कि सत्संग और भक्ति से सामान्य व्यक्ति भी ईश्वर की कृपा प्राप्त कर सकता है। इसके बाद महाभारत प्रसंग का वर्णन करते हुए धर्म और अधर्म के संघर्ष को विस्तार से समझाया गया। आचार्य जी ने शुकदेव जी के जन्म की कथा का वर्णन करते हुए वैराग्य और ज्ञान के महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने भगवान शिव के प्रकट होने की कथा भी सुनाई और शिव भक्ति का संदेश दिया। कथा के समापन पर राजा परीक्षित के जन्म का प्रसंग प्रस्तुत किया गया, जिससे पंडाल में भक्तिमय माहौल बन गया। इस दौरान श्रद्धालु भजन-कीर्तन में भी शामिल हुए। कथा के दूसरे दिन अजय रस्तोगी और मंजू रस्तोगी यजमान रहे। उन्होंने विधि-विधान से पूजा-अर्चना की। इस आयोजन को सफल बनाने में अजय कुमार गुप्ता, मनोज कुमार गुप्ता, शुभम गुप्ता, मयंक गुप्ता, पंकज अग्रवाल, कुलदीप ऐरन, प्रमिला गुप्ता, योगिता गुप्ता, रजनीकांता चौहान और मीनू रस्तोगी सहित कई श्रद्धालुओं ने सहयोग किया। मनोज गुप्ता ने बताया कि यह कथा अगले दिनों में भी जारी रहेगी, जिसमें अन्य धार्मिक प्रसंगों का वर्णन किया जाएगा।
मुजफ्फरनगर में शनिवार रात नई मंडी क्षेत्र में पैदल मार्च के दौरान CO नई मंडी राजू कुमार साव ने सड़क किनारे खड़ी एक कार में शराब पीते तीन युवकों को रंगे हाथ पकड़ा। इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। जानकारी के अनुसार, CO राजू कुमार साव पुलिसकर्मियों के साथ क्षेत्र में कानून व्यवस्था का जायजा ले रहे थे। भोपा रोड स्थित श्रीराम समोसे वाले के सामने कैनरा बैंक के पास उनकी नजर एक संदिग्ध रूप से खड़ी स्विफ्ट डिज़ायर कार पर पड़ी। शक होने पर CO साव कार के पास पहुंचे और अंदर देखा। कार में तीन युवक शराब का सेवन करते पाए गए। बताया गया कि ये तीनों आपस में दोस्त थे और कार के भीतर ही शराब पी रहे थे। CO ने तुरंत तीनों युवकों को फटकार लगाई और मौके पर मौजूद नई मंडी पुलिस को कार्रवाई के निर्देश दिए। पुलिस ने CO के निर्देश पर कार सवार युवकों का चालान काटा। वायरल वीडियो में CO नई मंडी युवकों को फटकार लगाते हुए दिख रहे हैं। CO राजू कुमार साव ने कहा कि सार्वजनिक स्थानों पर शराब पीकर माहौल खराब करने वालों के खिलाफ भविष्य में भी सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।
शाहपुर नवीन मंडी में लगी आग:सात दुकानें जलकर राख, लाखों का सामान खाक
सिद्धार्थनगर जिले के डुमरियागंज क्षेत्र स्थित शाहपुर नवीन मंडी में शनिवार शाम लगभग 5:00 बजे भीषण आग लग गई। देखते ही देखते आग ने सात दुकानों को अपनी चपेट में ले लिया। आग की लपटें और धुएं का गुबार दूर तक दिखाई दे रहा था। आग की सूचना मिलते ही फायर ब्रिगेड की टीम मौके पर पहुंची। स्थानीय लोगों और दमकल कर्मियों ने कई घंटों की मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। तब तक दुकानों में रखे फल, नगदी और अन्य सामान जलकर राख हो चुके थे। सातों दुकानें पूरी तरह तबाह हो गईं। पीड़ित दुकानदारों ने बताया कि वे रात में खाना खाने के लिए घर गए थे। इसी दौरान उन्हें मंडी से दुकानों में आग लगने की सूचना मिली। मौके पर पहुंचने पर उन्होंने देखा कि दुकानों में रखा फल, नगदी और लाखों रुपये का सामान जल चुका था। व्यापारियों के अनुसार, इस घटना में लाखों रुपये का नुकसान हुआ है। आग से प्रभावित दुकानदारों में वहाब और मोहम्मद उसमान सहित कई अन्य शामिल हैं। दुकानदारों ने बताया कि उनकी पूरी पूंजी इसी कारोबार में लगी हुई थी, जो आग में नष्ट हो गई। शाहपुर नवीन मंडी के सचिव राजेश कुमार सिंह ने बताया कि सूचना मिलते ही वह तत्काल मौके पर पहुंचे। सात दुकानें पूरी तरह जलकर खाक हो गई हैं। उन्होंने लाखों रुपये के नुकसान का अनुमान लगाया है। आग लगने के कारणों का अभी पता नहीं चल सका है और प्रशासन मामले की जांच कर रहा है।
मुजफ्फरनगर के मोरना-भोकरहेड़ी मार्ग पर शनिवार दोपहर एक ई-रिक्शा पलटने से उसके चालक की मौत हो गई। भोपा थाना क्षेत्र के गांव वजीराबाद निवासी 32 वर्षीय शहजाद मलिक गंभीर रूप से घायल हो गया था, जिसे मोरना स्थित नर्सिंग होम ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। जानकारी के अनुसार, शहजाद मलिक अपनी ई-रिक्शा से मोरना-भोकरहेड़ी मार्ग से गुजर रहा था। गांव छछरौली के पास अचानक ई-रिक्शा अनियंत्रित होकर पलट गई। इस दुर्घटना में शहजाद ई-रिक्शा के नीचे दब गया और गंभीर रूप से घायल हो गया। ग्रामीणों की मदद से शहजाद को तुरंत मोरना स्थित नर्सिंग होम पहुंचाया गया। हालांकि, चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। शहजाद अपने पीछे दिव्यांग पत्नी खुशनुमा और दो मासूम पुत्रियों को छोड़ गया है। शहजाद के भाई नफीस और नसीम सहित ग्रामीणों ने प्रशासन से मृतक के परिवार के लिए आर्थिक सहायता की मांग की है। घटना की सूचना मिलने पर मोरना चौकी इंचार्ज पिंटू कुमार चौधरी मौके पर पहुंचे और जानकारी ली। परिजनों ने इसे एक हादसा बताते हुए किसी भी पुलिस कार्रवाई से इनकार कर दिया है।
राजधानी रायपुर में बढ़ रही अवैध शराब बिक्री को लेकर सांसद बृजमोहन अग्रवाल एक बार फिर सख्त तेवर में नजर आए। सुशासन तिहार शिविर के दौरान उन्होंने मंच से ही पुलिस और आबकारी विभाग के अधिकारियों को जमकर फटकार लगाई। सांसद ने कहा कि शहर के कई इलाकों में खुलेआम अवैध शराब बिक रही है, लेकिन कार्रवाई नहीं हो रही। उन्होंने अधिकारियों से तुरंत सख्त कदम उठाने को कहा। सांसद ने कार्यक्रम के दौरान कहा कि अगर आम लोगों और जनप्रतिनिधियों को यह पता है कि कहां-कहां अवैध शराब बेची जा रही है, तो पुलिस और आबकारी विभाग को इसकी जानकारी क्यों नहीं है। उन्होंने साफ शब्दों में कहा कि इस कारोबार में शामिल लोगों पर सख्त कार्रवाई होनी चाहिए और किसी को भी बख्शा नहीं जाना चाहिए। इस दौरान मंच पर रायपुर की महापौर मीनल चौबे भी मौजूद थीं। कार्यक्रम का वीडियो अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो में सांसद अधिकारियों से नाराजगी जताते हुए कहते दिखाई दे रहे हैं, “कोई बड़े से बड़ा आदमी हो उसको उठाकर बंद करो। 3 महीना जमानत नहीं होगी ना, बंद हो जाएगा तो... करो ना बंद, क्यों नहीं बंद करते?” वीडियो में बृजमोहन अग्रवाल भाठागांव, मठपुरैना, चंगोराभाठा, संतोषी नगर और टिकरापारा जैसे इलाकों का नाम लेते हुए कहते सुनाई दे रहे हैं कि इन क्षेत्रों में बहुत ज्यादा अवैध शराब बिक रही है और इसे रोकना जरूरी है। वे अधिकारियों से यह भी कहते हैं, “हमें मालूम है क्या, वह शराब कहां बिक रही है, तो क्या पुलिस वालों को नहीं मालूम?” सांसद का यह वीडियो सामने आने के बाद प्रशासनिक हलकों में भी चर्चा तेज हो गई है। इससे पहले भी वे अलग-अलग कार्यक्रमों में अधिकारियों को सख्त लहजे में नसीहत देते नजर आ चुके हैं। ………………………….. इससे जुड़ी ये खबर भी पढ़ें….. अधिकारी पर भड़के बृजमोहन, ग्रामीणों ने बजाई ताली, VIDEO:कहा- सबसे ज्यादा शिकायत आपकी है, अभिनंदन करें कि क्या करें; सुशासन तिहार में फटकारा रायपुर के आरंग के नगर पंचायत समोदा में सुशासन तिहार कार्यक्रम आयोजित किया गया। जिसमें सांसद बृजमोहन अग्रवाल शिकायत मिलने पर भड़क गए। उन्होंने नायब तहसीलदार गजानंद सिदार को जमकर फटकार लगाते हुए कहा कि, आपका अभिनंदन करें कि क्या करें बताओ। इसका वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। पढ़ें पूरी खबर…
शामली के कांधला थाना क्षेत्र के रामपुर खेड़ी गढ़ गोसाई गांव में बंदरों के हमले से एक महिला की मौत हो गई। यह घटना उस समय हुई जब महिला घर के पास गोबर के उपले बना रही थी। इस हादसे के बाद पूरे गांव में दहशत और आक्रोश का माहौल है। जानकारी के अनुसार, गांव निवासी मिंटू की पत्नी पिंकेश घर के पास उपले बना रही थीं। इसी दौरान अचानक बंदरों का एक झुंड वहां आ पहुंचा और उन पर हमला कर दिया। हमले में पिंकेश गंभीर रूप से घायल हो गईं और मौके पर ही उनकी मौत हो गई। घटना की सूचना मिलते ही परिजन मौके पर पहुंचे। मृतका के पति मिंटू, जो एक भट्ठा मजदूर हैं, ने बताया कि उनके दो बेटे अरविंद और शिव हैं, जबकि बेटी रूपा की शादी हो चुकी है। इस हादसे से परिवार सदमे में है। इस घटना के बाद ग्रामीणों में भारी आक्रोश देखने को मिला। लोगों ने प्रशासन के खिलाफ हंगामा करते हुए आवारा बंदरों से निजात दिलाने की मांग की। ग्रामीणों का आरोप है कि क्षेत्र में लंबे समय से बंदरों का आतंक बना हुआ है, लेकिन इस संबंध में कोई ठोस कार्रवाई नहीं की जा रही है। ग्राम प्रधान सोमगिरि ने बताया कि गांव में अब तक बंदरों को पकड़ने के लिए कोई विशेष अभियान नहीं चलाया गया है। उन्होंने वन विभाग से तत्काल कार्रवाई करते हुए इन बंदरों को पकड़ने की मांग की है ताकि ऐसी घटनाओं को रोका जा सके। फिलहाल गांव में भय और गुस्से का माहौल बना हुआ है। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही इस समस्या का समाधान नहीं किया गया, तो वे आंदोलन करने को मजबूर होंगे।
धरती आबा भगवान बिरसा मुंडा की 150वीं जयंती वर्ष के मौके पर दिल्ली के लाल किला मैदान में जनजातीय समाज का एक बड़ा राष्ट्रीय सांस्कृतिक समागम होगा। कल रविवार को होने वाले इस विशाल कार्यक्रम में शामिल होने के लिए उदयपुर संभाग से करीब 8 हजार लोग शनिवार को ट्रेनों और बसों के जरिए दिल्ली के लिए रवाना हुए। इन सभी लोगों के लिए खाने-पीने और पानी की पूरी व्यवस्था सर्व समाज की तरफ से की गई। उदयपुर से दिल्ली जा रहे इन लोगों के साथ उदयपुर सांसद डॉ. मन्नालाल रावत समेत कई स्थानीय जनप्रतिनिधि भी रवाना हुए। सांसद डॉ. रावत ने बताया कि शनिवार सुबह पौने चार बजे और फिर सुबह 9 बजे की ट्रेन से बहुत बड़ी संख्या में जनजाति कार्यकर्ता दिल्ली के लिए रवाना हुए। इसके अलावा कई कार्यकर्ता बसों के जरिए भी दिल्ली के लिए रवाना हुए। जब ये लोग रवाना हो रहे थे, तब रेलवे स्टेशन पर भाजपा नेताओं और कार्यकर्ताओं ने उन्हें विदाई दी। यह ऐतिहासिक कार्यक्रम जनजाति सुरक्षा मंच और जनजाति जागृति समिति के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित किया जा रहा है। इसमें पूरे देश से दो लाख से ज्यादा जनजातीय प्रतिनिधियों के जुटने की उम्मीद है। जनजाति सुरक्षा मंच राजस्थान के राज्य संयोजक लालूराम कटारा ने बताया कि देश के अलग-अलग राज्यों के साथ-साथ दूर-दराज के उत्तर-पूर्वी इलाकों और अंडमान-निकोबार द्वीप समूह से करीब 567 जनजातीय समुदायों के प्रतिनिधि इस समागम में हिस्सा ले रहे हैं। इस कार्यक्रम में आने वाले सामाजिक कार्यकर्ता, महिलाएं, युवा और बुद्धिजीवी अपनी पारंपरिक वेशभूषा और वाद्ययंत्रों के साथ शामिल होंगे। देश के इतिहास में यह पहला मौका है जब इतनी बड़ी संख्या में भारत की अलग-अलग जनजातियों के लोग अपनी पारंपरिक पोशाक और वाद्ययंत्रों के साथ देश की राजधानी दिल्ली में एक साथ जुट रहे हैं। इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य जनजातीय समाज की आस्था, संस्कृति, परंपरा और सनातन मूल्यों की रक्षा करना और समाज में जागरूकता को मजबूत करना है। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह होंगे, जो लाल किला मैदान से इस जनसभा को संबोधित करेंगे। इस मौके पर जनजाति सुरक्षा मंच के राष्ट्रीय संयोजक गणेशराम भगत और वनवासी कल्याण आश्रम के राष्ट्रीय अध्यक्ष सत्येंद्र सिंह समेत कई प्रमुख लोग मौजूद रहेंगे।
मिर्जापुर के कछवा थाना क्षेत्र स्थित जमुआ बाजार में जिलाधिकारी से नाली के गंदे पानी की शिकायत करना एक स्थानीय दुकानदार को महंगा पड़ गया। शिकायत से नाराज प्रधान पुत्रों ने दुकानदार आशु गुप्ता को दुकान से बाहर खींचकर बीच सड़क पर जमकर पीटा। इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद इलाके में हड़कंप मच गया है।स्थानीय दुकानदारों के अनुसार, बाजार में कई दिनों से नाली का गंदा पानी सड़क पर बह रहा था। इससे राहगीरों और व्यापारियों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा था। नाली व्यवस्था सुधारने की मांग की बदबू और जलभराव के कारण लोगों का सड़क से गुजरना तक मुश्किल हो गया था।आरोप है कि इस समस्या के समाधान के लिए दुकानदार आशु गुप्ता ने जिलाधिकारी कार्यालय पहुंचकर लिखित शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत में सड़क पर फैले गंदे पानी और नाली व्यवस्था सुधारने की मांग की गई थी। बताया जा रहा है कि जैसे ही ग्राम प्रधान पक्ष को शिकायत की जानकारी मिली, प्रधान के पुत्र आक्रोशित हो गए।प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, प्रधान पुत्र दुकानदार की दुकान पर पहुंचे और उसे बाहर बुलाकर सड़क पर मारपीट शुरू कर दी। बाजार के व्यापारियों में गहरा आक्रोश बीच बाजार हुई इस घटना से अफरा-तफरी मच गई। मौके पर मौजूद लोगों ने बीच-बचाव करने का प्रयास किया। इसी दौरान किसी ने पूरी घटना का वीडियो बना लिया, जो अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।वायरल वीडियो में कुछ लोग दुकानदार के साथ मारपीट करते दिखाई दे रहे हैं, जबकि आसपास खड़े लोग घटना को देखते नजर आ रहे हैं। इस घटना के बाद बाजार के व्यापारियों में गहरा आक्रोश व्याप्त है। स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि जनसमस्याओं की शिकायत करने पर लोगों के साथ इस तरह मारपीट होगी तो आमजन अपनी बात प्रशासन तक कैसे पहुंचाएंगे।पीड़ित दुकानदार ने आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है। वहीं, घटना के बाद क्षेत्र में तनाव का माहौल बना हुआ है। पुलिस पूरे मामले की जांच में जुट गई है। स्थानीय लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई कर पीड़ित को न्याय दिलाया जाए।
बैतूल में दुष्कर्म के दो आरोपी गिरफ्तार:शादी और उधारी चुकाने के बहाने किया था रेप
बैतूल जिले में महिला संबंधी अपराधों पर पुलिस लगातार सख्त कार्रवाई कर रही है। पुलिस अधीक्षक वीरेंद्र जैन के निर्देश पर कोतवाली और बोरदेही पुलिस ने दुष्कर्म के दो अलग-अलग मामलों में दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। दोनों आरोपियों को न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उन्हें न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया। पहले मामले में, थाना कोतवाली बैतूल पुलिस ने शादी का झांसा देकर एक महिला के साथ संबंध बनाने वाले आरोपी को गिरफ्तार किया। फरियादिया की शिकायत पर मामला दर्ज होने के कुछ ही घंटों के भीतर पुलिस ने आरोपी राहुल माकोडे (उम्र 23 वर्ष, निवासी ग्राम सोहागपुर, थाना बैतूल बाजार) को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया। न्यायालय ने उसे जेल भेज दिया। इस कार्रवाई में थाना प्रभारी निरीक्षक देवकरण डेहरिया, उपनिरीक्षक चित्रा कुमरे और पुलिस टीम की विशेष भूमिका रही। दूसरे मामले में, थाना बोरदेही पुलिस ने एक महिला से दुष्कर्म के आरोपी को गिरफ्तार किया। पीड़िता ने शिकायत दर्ज कराई थी कि आरोपी ने उधार के पैसे वापस देने के बहाने उसे अलग-अलग स्थानों पर बुलाकर कई बार दुष्कर्म किया। इस मामले में थाना बोरदेही में अपराध क्रमांक 96/26 के तहत विभिन्न धाराओं में प्रकरण दर्ज कर जांच शुरू की गई थी। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी तुलाराम अखंडे (उम्र 30 वर्ष, निवासी ग्राम बिसीघाट, थाना बोरदेही) को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया। न्यायालय के आदेश पर उसे न्यायिक अभिरक्षा में उपजेल मुलताई भेज दिया गया। इस कार्रवाई में थाना प्रभारी निरीक्षक राधेश्याम वट्टी, सउनि मिंतलाल धुर्वे, आरक्षक रामकिशन नागोतिया, महिला आरक्षक आरती पवार सहित साइबर सेल बैतूल की टीम की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
श्योपुर में तरबूज खाने के बाद पिता-पुत्र की तबीयत बिगड़ने के मामले में अब बेटे ने भी दम तोड़ दिया। 15 मई को हुए इस घटनाक्रम में पिता इंदर सिंह की मौत के 9 दिन बाद शनिवार सुबह कोटा के अस्पताल में उपचार के दौरान विनोद की भी मौत हो गई। अब इस दोहरी मौत की गुत्थी सुलझाने के लिए पुलिस और स्वास्थ्य विभाग को विसरा रिपोर्ट का इंतजार है। कोटा में तोड़ा दम गंभीर हालत में श्योपुर से रेफर किए गए विनोद (25) को शुक्रवार रात करीब 11 बजे कोटा के एक अस्पताल में भर्ती कराया गया था। शनिवार सुबह लगभग 8 बजे इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। पोस्टमार्टम के बाद परिजन शव लेकर अपने पैतृक गांव सुसनेर के लिए रवाना हो गए हैं। कोतवाली टीआई सत्यम गुर्जर ने मौत की पुष्टि करते हुए बताया कि मामले की जांच गहनता से की जा रही है। सीने में जलन से शुरू हुआ मामला घटनाक्रम के अनुसार, 15 मई की सुबह पिता इंदर सिंह और पुत्र विनोद को सीने में जलन महसूस हुई थी। इसी दौरान उन्होंने तरबूज खाया और उसके कुछ ही देर बाद दोनों की हालत बिगड़ गई। इंदर सिंह की मौत अस्पताल ले जाते समय रास्ते में ही हो गई थी, जबकि विनोद पिछले कई दिनों से वेंटिलेटर पर था। पोल्ट्री फार्म और केमिकल एक्सपोजर का संदेह जांच के दौरान यह बात सामने आई है कि पिता-पुत्र एक पोल्ट्री फार्म में काम करते थे। इस जानकारी के बाद स्वास्थ्य विभाग 'केमिकल एक्सपोजर' (कीटनाशक या रसायनों का प्रभाव) के नजरिए से भी जांच कर रहा है। हालांकि, ग्वालियर भेजे गए विनोद के सैंपलों में H1N1 की रिपोर्ट नेगेटिव आई है, जिससे संक्रामक बीमारी का खतरा कम हुआ है। एफएसएल जांच के लिए भेजा जाएगा विसरा टीआई सत्यम गुर्जर ने बताया कि पिता इंदर सिंह की पोस्टमार्टम रिपोर्ट मिल चुकी है। अब पिता और पुत्र दोनों के विसरा को सोमवार को एफएसएल (FSL) जांच के लिए भेजा जाएगा। डॉक्टरों का कहना है कि विसरा की मेडिकल ओपिनियन आने के बाद ही यह स्पष्ट हो पाएगा कि मौत तरबूज में मौजूद किसी जहरीले तत्व से हुई या पोल्ट्री फार्म में किसी केमिकल के संपर्क में आने से।
औरैया में संदिग्ध परिस्थितियों में युवक की मौत:दोस्तों के साथ घूमने गया था, कुछ समय बाद बिगड़ी तबीयत
अछल्दा थाना क्षेत्र के छछूंद गांव में 25 वर्षीय कुलदीप पुत्र सूरज प्रसाद की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। घटना शुक्रवार शाम की है, जब कुलदीप अपने तीन दोस्तों के साथ गांव के बाहर घूमने गया था। कुछ समय बाद उसकी तबीयत बिगड़ने की सूचना मिली। इसके बाद उसकी मृत्यु हो गई। कुलदीप की अचानक हुई मौत से परिवार में कोहराम मच गया। परिजनों के अनुसार, वह परिवार का एकमात्र कमाऊ सदस्य था। कुलदीप की शादी करीब दो वर्ष पूर्व हुई थी। उसकी मौत की खबर सुनते ही घर में चीख-पुकार मच गई और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल हो गया। घटना की सूचना मिलते ही थाना प्रभारी सुरेश चंद्र पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने घटनास्थल का जायजा लिया और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। थाना प्रभारी सुरेश चंद्र ने बताया कि युवक की मौत के कारणों का अभी तक स्पष्ट पता नहीं चल पाया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत की असल वजह सामने आ सकेगी। पुलिस मामले की हर पहलू से जांच कर रही है और कुलदीप के साथ गए तीनों दोस्तों से भी पूछताछ की जा रही है।
नीमच जिले के ग्राम अरनिया ढाणी में शनिवार को गांधी सागर बांध के डूब क्षेत्र में कपड़े और रजाई-गद्दे धोने गईं एक ही परिवार की दो महिलाओं की डूबने से मौत हो गई। मृतकों की पहचान 14 वर्षीय पायल और 45 वर्षीय कचरीबाई के रूप में हुई है। पैर फिसलने से हुआ हादसा जानकारी के अनुसार, अरनिया ढाणी निवासी जेतराम रावत मीणा की पुत्री पायल और उनके भतीजे की पत्नी कचरीबाई गांव के पास जलाशय पर गई थीं। कपड़े धोने के दौरान अचानक पायल का पैर फिसल गया और वह गहरे पानी में समाने लगी। उसे डूबता देख कचरीबाई ने उसे बचाने के लिए पानी में छलांग लगा दी, लेकिन गहराई अधिक होने के कारण दोनों ही पानी की चपेट में आ गईं। ग्रामीणों और पुलिस ने निकाले शव चीख-पुकार सुनकर परिजन और ग्रामीण मौके पर पहुंचे और तत्काल रामपुरा थाना पुलिस को सूचित किया। पुलिस बल ने ग्रामीणों की मदद से रेस्क्यू ऑपरेशन चलाकर दोनों के शवों को पानी से बाहर निकाला। हादसे के बाद से पूरे गांव में शोक है। शवों को पोस्टमार्टम के लिए रामपुरा सिविल अस्पताल भेजा गया, जहां डॉक्टर अभिषेक चौहान ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। थाना प्रभारी विपिन मसीह ने बताया- हादसा कपड़े धोने के दौरान हुआ है। पुलिस ने मर्ग कायम कर जांच शुरू कर दी है और पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिए गए हैं।
उत्तर प्रदेश की योगी सरकार ने सरकारी स्कूलों के बच्चों को भविष्य की आधुनिक तकनीकों से जोड़ने के लिए एक ऐतिहासिक कदम उठाया है। शनिवार को माध्यमिक शिक्षा निदेशालय में समग्र शिक्षा (माध्यमिक) विभाग और टाटा एंटरप्राइज की कंपनी नेल्को लिमिटेड के बीच एक बड़ा समझौता ज्ञापन (MoU) साइन हुआ। इसके तहत प्रदेश के 600 राजकीय माध्यमिक और उच्च माध्यमिक विद्यालयों में अत्याधुनिक 'ड्रीम लैब्स' स्थापित की जाएंगी, जहाँ बच्चे अब किताबों के साथ-साथ रोबोट और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) बनाना सीखेंगे। क्या हैं 'ड्रीम लैब्स' और इनमें बच्चे क्या सीखेंगे? ये ड्रीम लैब्स (डिजाइन, रोबोटिक्स, इलेक्ट्रॉनिक्स, एडिटिव मैन्युफैक्चरिंग) स्कूलों में आधुनिक नवाचार और कौशल विकास केंद्र के रूप में काम करेंगी। इसमें कक्षा 9 से 12वीं तक के छात्र-छात्राओं को निम्नलिखित एडवांस कोर्सेज का व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया जाएगा। आधुनिक तकनीक: आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI), रोबोटिक्स, और इंटरनेट ऑफ थिंग्स (IoT)। फ्यूचर स्किल्स: 3D प्रिंटिंग, ड्रोन टेक्नोलॉजी, इलेक्ट्रॉनिक्स और एडवांस मैन्युफैक्चरिंग। ग्रीन एनर्जी: बैटरी चालित इलेक्ट्रिक व्हीकल (EV), नवीकरणीय ऊर्जा (रिन्यूएबल एनर्जी) और मॉडर्न एग्रीकल्चर साइंस। 'हब एंड स्पोक' मॉडल: तीन चरणों में बिछेगा लैब्स का जाल तकनीकी शिक्षा को हर इलाके तक पहुंचाने के लिए सरकार इस परियोजना को हब एवं स्पोक मॉडल पर लागू कर रही है। इसके तहत पूरे प्रदेश में 150 हब स्कूल और उनके साथ 450 स्पोक स्कूल जोड़े जाएंगे। यह पूरा प्रोजेक्ट तीन फेज में पूरा होगा: प्रथम चरण: 18 हब और 54 स्पोक स्कूल (कुल 72 स्कूल) द्वितीय चरण: 36 हब और 108 स्पोक स्कूल (कुल 144 स्कूल) तृतीय चरण: 96 हब और 288 स्पोक स्कूल (कुल 384 स्कूल) 'यह उत्तर प्रदेश के युवाओं के भविष्य में निवेश है' एमओयू साइन होने के दौरान बेसिक एवं माध्यमिक शिक्षा के अपर मुख्य सचिव पार्थ सारथी सेन शर्मा ने कहा, तेजी से बदलती औद्योगिक आवश्यकताओं को देखते हुए राज्य के विद्यार्थियों को इंडस्ट्री 4.0 के कौशलों से लैस करना समय की मांग है। यह समझौता केवल एक स्कूल प्रोजेक्ट नहीं, बल्कि यूपी के भविष्य में बड़ा निवेश है। वहीं, स्कूल शिक्षा की महानिदेशक मोनिका रानी ने कहा कि यह पहल नेशनल एजुकेशन पॉलिसी (NEP 2020) और स्किल इंडिया मिशन के अनुरूप है। विशेषकर आकांक्षी (पिछड़े) जनपदों के स्कूलों में इस योजना को प्राथमिकता से लागू किया जाएगा ताकि गरीब बच्चों को भी ग्लोबल लेवल की शिक्षा मिल सके। 5 साल तक टाटा ग्रुप की कंपनी रखेगी ख्याल, ग्लोबल ब्रांड्स भी शामिल यह पार्टनरशिप 5 साल के मॉडल पर आधारित है। नेल्को लिमिटेड और उसके सहयोगी औद्योगिक समूह इन लैब्स के लिए अत्याधुनिक मशीनें, डिजिटल प्लेटफॉर्म, सॉफ्टवेयर और मेंटेनेंस का पूरा खर्च उठाएंगे। इतना ही नहीं, दुनिया की जानी-मानी टेक कंपनियां जैसे यास्कावा, मास्टरकैम, 3डी सिस्टम्स, अज्नालेंस और एसीई माइक्रोमैटिक के इंडस्ट्री एक्सपर्ट्स खुद सरकारी स्कूलों में आकर बच्चों को ट्रेनिंग देंगे और सरकारी शिक्षकों का भी क्षमता निर्माण (ट्रेनिंग) करेंगे। इस योजना के जमीन पर उतरने के बाद उत्तर प्रदेश के सरकारी स्कूलों से निकलने वाली नई पीढ़ी सीधे रोजगार और उद्यमिता के वैश्विक अवसरों से जुड़ सकेगी।
सिंगरामऊ थाना क्षेत्र के बहरीपुर गांव में एक विवाहिता का शव कमरे में पंखे से लटकता मिला। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और मामले की जांच शुरू कर दी है। जानकारी के अनुसार, गांव निवासी गुड्डू खान की 22 वर्षीय पत्नी इरम उर्फ रानी घर की ऊपरी मंजिल पर बने कमरे में थी। शनिवार दोपहर करीब तीन बजे जब वह काफी देर तक कमरे से बाहर नहीं आई, तो उसकी सास ऊपर देखने पहुंची। दरवाजा अंदर से बंद था। काफी आवाज देने के बावजूद कोई प्रतिक्रिया नहीं मिली, जिसके बाद आसपास के लोगों को बुलाया गया। दरवाजा खोलने पर विवाहिता दुपट्टे के सहारे पंखे से लटकी हुई मिली। घटना की सूचना मिलते ही घर में शोक छा गया। परिजनों ने बताया कि मृतका का पति रोजी-रोटी के सिलसिले में बाहर रहता है। घर पर सास-ससुर और उसकी दो वर्षीय बेटी ही मौजूद थे। पुलिस ने शव का पंचनामा कर पोस्टमार्टम के लिए भेजा। थाना प्रभारी सैयद हुसैन मुन्तजर ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है और पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।
सलूंबर के कूण में व्यापारी से लूट का खुलासा:तीन आरोपियों को किया गिरफ्तार, माल बरामद; बाइक जब्त
सलूंबर पुलिस ने एक व्यापारी से हुई लूट की वारदात का 72 घंटे के भीतर खुलासा कर दिया है। कूण थाना क्षेत्र में हुई इस घटना में पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। उनके कब्जे से लूटे गए चांदी के जेवरात और वारदात में इस्तेमाल की गई बाइक बरामद की गई है। हालांकि, दो अन्य आरोपी अभी भी फरार हैं। पुलिस की लगातार दबिश के बाद आरोपियों तक पहुंचने में सफलता मिली। दो बाइक पर आए बदमाशों ने रोका यह घटना 17 मई 2026 की शाम करीब 5 बजे हुई थी। कारोबारी मनोहर लाल लक्षकार अपनी चांदी की दुकान बंद कर गांव लौट रहे थे। रास्ते में दो मोटरसाइकिलों पर सवार चार बदमाशों ने उन्हें रोक लिया। विरोध करने पर बदमाशों ने उन्हें बाइक से नीचे गिरा दिया और लगभग 5 किलोग्राम चांदी के जेवरात से भरा बैग लूटकर फरार हो गए। लूट का माल किया बरामद गिरफ्तार किए गए आरोपियों ने पूछताछ में अपने अन्य साथियों के साथ मिलकर वारदात को अंजाम देना स्वीकार किया है। पुलिस ने उनके कब्जे से लूटा गया माल बरामद कर लिया है और वारदात में इस्तेमाल की गई बाइक भी जब्त कर ली है। फरार आरोपियों की तलाश जारी है और पुलिस उनसे जुड़े अन्य सुराग भी जुटा रही है। साइबर सेल की रही अहम भूमिका इस कार्रवाई में साइबर सेल और थाना पुलिस की संयुक्त टीम की महत्वपूर्ण भूमिका रही। तकनीकी विश्लेषण और मुखबिर नेटवर्क की मदद से पुलिस ने आरोपियों की गतिविधियों पर नज़र रखी। इसके बाद योजनाबद्ध तरीके से दबिश देकर उन्हें गिरफ्तार किया गया। पुलिस अधिकारियों ने इसे जिले में अपराध नियंत्रण की दिशा में एक बड़ी सफलता बताया है। इनकी रही मुख्य भूमिका इस सफल कार्रवाई में कूण थानाधिकारी निलेश कुमार, सहायक उप निरीक्षक रमेशचन्द्र, हेड कॉन्स्टेबल धर्मेन्द्र सिंह, कॉन्स्टेबल गजेन्द्र सिंह, सूर्यवीर सिंह, चन्दूलाल के साथ साइबर सेल के हेमेन्द्र सिंह और युवराज सिंह की विशेष भूमिका रही।
संतकबीरनगर जिले के सांथा ब्लॉक में तैनात ग्राम विकास अधिकारी रमाकांत को निलंबित कर दिया गया है। उन पर पौली ब्लॉक में तैनाती के दौरान कार्य में लापरवाही, अधिकारियों के आदेशों की अवहेलना और शासकीय कार्यों में शिथिलता बरतने का आरोप है। यह कार्रवाई शनिवार देर शाम जिला विकास अधिकारी द्वारा की गई। शासकीय कार्यों के प्रति लगातार लापरवाही बरत रहे थे निलंबन पत्र में जिला विकास अधिकारी (डीडीओ) ने बताया कि रमाकांत पर पौली ब्लॉक की ग्राम पंचायत गौवापार में अरविंद सिंह की पत्नी अनुराधा सिंह का राशनकार्ड बनवाने में एक महीने तक हीलाहवाली करने का आरोप है। इसके अतिरिक्त, वे प्रत्येक शुक्रवार को होने वाले चौपाल कार्यक्रमों में भी रुचि नहीं ले रहे थे और शासकीय कार्यों के प्रति लगातार लापरवाही बरत रहे थे। पूरे मामले की जांच खंड विकास अधिकारी खलीलाबाद राजेश श्रीवास्तव को सौंपी गई है। निलंबन के बाद रमाकांत को नाथनगर ब्लॉक मुख्यालय से संबद्ध कर दिया गया है। मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए राजेश श्रीवास्तव को जांच की जिम्मेदारी दी गई है।
विकास भवन सभागार में जिलाधिकारी डॉ. वी.के. सिंह की अध्यक्षता में जिला स्वास्थ्य समिति की बैठक संपन्न हुई। इस दौरान स्वास्थ्य विभाग द्वारा संचालित विभिन्न योजनाओं और कार्यक्रमों की बिंदुवार समीक्षा की गई। जिलाधिकारी ने सभी सरकारी अस्पतालों में आमजन को बेहतर और गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। उन्होंने विशेष रूप से सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों (सीएचसी) और प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों (पीएचसी) सहित सभी अस्पतालों में साफ-सफाई, पेयजल और बैठने की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित करने को कहा। मरीजों के उपचार में संवेदनशीलता और तत्परता बरतने पर जोर दिया गया। जिलाधिकारी ने गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाओं के लिए सभी सीएचसी, पीएचसी और सरकारी अस्पतालों के नियमित निरीक्षण के भी निर्देश दिए। बैठक में आशा कार्यकर्ताओं के रिक्त पदों को शीघ्र भरने के निर्देश दिए गए, ताकि स्वास्थ्य सेवाओं को और सुदृढ़ किया जा सके। जननी सुरक्षा योजना के तहत लंबित भुगतानों पर नाराजगी व्यक्त करते हुए संबंधित अधिकारियों को तत्काल भुगतान सुनिश्चित कराने के आदेश दिए गए। जिलाधिकारी ने स्वास्थ्य विभाग की सभी योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित करते हुए पात्र लाभार्थियों तक समयबद्ध रूप से लाभ पहुंचाने पर बल दिया। आयुष्मान भारत योजना की नई गाइडलाइन के अनुसार कार्यवाही सुनिश्चित करने के भी निर्देश दिए गए। जिलाधिकारी ने मुख्य चिकित्सा अधिकारी (सीएमओ) को विभागीय कार्यप्रणाली में निरंतर सुधार लाने का निर्देश दिया। उन्होंने स्पष्ट किया कि स्वास्थ्य सेवाओं में किसी भी प्रकार की लापरवाही या शिथिलता स्वीकार नहीं की जाएगी। अच्छा कार्य करने वाले कर्मियों को प्रोत्साहित करने और लापरवाही बरतने वालों पर आवश्यक कार्यवाही सुनिश्चित करने के लिए भी कहा गया। सक्षम पोर्टल के सभी इंडिकेटरों में अपेक्षित सुधार लाने तथा हीटवेव के मद्देनजर समग्रता के साथ कार्यवाही करने के निर्देश भी दिए गए। सभी अस्पतालों में आवश्यक स्वास्थ्य व्यवस्थाएं पूरी तरह दुरुस्त रखने और वरिष्ठ अधिकारियों द्वारा सतत निगरानी बनाए रखने के निर्देश दिए गए। बैठक में बिल भुगतान, उपकरण खरीद, यूनिसेफ, डब्ल्यूएचओ और यूएनडीपी से संबंधित प्रगति रिपोर्ट की भी समीक्षा की गई। निर्धारित लक्ष्यों के अनुरूप कार्यवाही सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।
मुजफ्फरनगर में शिव चौक स्थित भगवान शिव मंदिर और तिरंगे पर बने फूड व्लॉगिंग वीडियो का विवाद गहरा गया है। विवादित वीडियो हटाने और माफी मांगने के बावजूद फूड व्लॉगर अनस को पुलिस ने गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। इस बीच, हवालात में हाथ जोड़े खड़े अनस की तस्वीर सोशल मीडिया पर वायरल हो रही है। यह विवाद कुछ दिन पहले शुरू हुआ, जब मुजफ्फरनगर निवासी फूड व्लॉगर अनस ने अल यामीन होटल का फूड रिव्यू वीडियो बनाया। वीडियो की शुरुआत शिव चौक से हुई थी, जिसमें भगवान शिव मंदिर और उस पर लगा तिरंगा भी दिखाया गया था। वीडियो वायरल होने के बाद हिंदूवादी संगठनों ने इस पर कड़ी आपत्ति जताई और धार्मिक भावनाएं आहत करने का आरोप लगाते हुए कार्रवाई की मांग की। विश्व हिंदू परिषद (विहिप), बजरंग दल और अन्य हिंदूवादी संगठनों ने इस मामले पर खुलकर विरोध प्रदर्शन किया। विहिप-बजरंग दल के जिला संयोजक रवि चौधरी, प्रहलाद पाहुजा और शैंकी शर्मा सहित कई नेताओं ने पुलिस प्रशासन से सख्त कार्रवाई की मांग की थी। बीजेपी नेता राजेश गोयल ने भी इस मामले को गंभीर बताया था। विवाद बढ़ने पर अनस ने सोशल मीडिया पर एक वीडियो जारी कर माफी मांगी। उसने स्पष्ट किया कि उसका उद्देश्य किसी भी धर्म या समुदाय की भावनाओं को ठेस पहुंचाना नहीं था। अनस के अनुसार, उसने मंदिर पर लगे तिरंगे की सुंदरता देखकर उस दृश्य को वीडियो में शामिल किया था। माफी मांगने के साथ ही उसने विवादित वीडियो अपने इंस्टाग्राम अकाउंट से हटा दिया था। हालांकि, इसके बावजूद मामला शांत नहीं हुआ। बढ़ते दबाव और विरोध के बीच खालापार पुलिस ने अनस के खिलाफ कार्रवाई करते हुए उसे हिरासत में लिया और जेल भेज दिया। अब हवालात में हाथ जोड़े खड़े अनस की तस्वीर वायरल होने के बाद सोशल मीडिया पर लोग बंटे हुए दिखाई दे रहे हैं। कुछ लोग पुलिस कार्रवाई का समर्थन कर रहे हैं, जबकि कुछ इसे अत्यधिक सख्त कदम बता रहे हैं। पुलिस ने पहले जारी प्रेस नोट में कहा था कि वीडियो को लेकर कई भ्रामक बातें फैलाई जा रही हैं और संबंधित युवक ने अपनी मंशा स्पष्ट करते हुए माफी भी मांग ली है। पुलिस ने लोगों से सामाजिक सौहार्द बनाए रखने और अफवाहों पर ध्यान न देने की अपील की थी। फिलहाल पूरा मामला शहर में चर्चा का विषय बना हुआ है और सोशल मीडिया पर वायरल हो रही तस्वीरों ने इस विवाद को एक बार फिर सुर्खियों में ला दिया है।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने उत्तर प्रदेश में श्रमिक कल्याण, कौशल विकास और रोजगार सृजन को और अधिक व्यापक व परिणाममुखी बनाने के लिए कई ऐतिहासिक निर्णय लिए हैं। शनिवार को श्रम एवं सेवायोजन विभाग की समीक्षा बैठक में मुख्यमंत्री ने स्पष्ट कहा कि श्रमिक केवल उत्पादन प्रक्रिया का हिस्सा नहीं, बल्कि राज्य की अर्थव्यवस्था और प्रगति की सबसे बड़ी शक्ति हैं। सरकार की प्राथमिकता है कि हर श्रमिक और कमजोर वर्ग को सम्मानजनक जीवन, सुरक्षित माहौल और युवाओं को बेहतर रोजगार मिले। बाल श्रमिक विद्या योजना का सभी 75 जिलों में विस्तार मुख्यमंत्री ने निर्देश दिया कि प्रदेश का कोई भी बच्चा आर्थिक तंगी या मजबूरी के कारण शिक्षा से वंचित नहीं रहना चाहिए। साल 2020 में शुरू की गई 'बाल श्रमिक विद्या योजना' वर्तमान में केवल 20 जिलों में चल रही थी। अब इसे नए नियमों और प्रावधानों के साथ प्रदेश के सभी 75 जनपदों में लागू किया जाएगा। इसके तहत 8 से 18 वर्ष के कामकाजी बच्चों को बाल श्रम से मुक्त कराकर स्कूलों में दाखिला दिलाया जाएगा और आर्थिक मदद दी जाएगी। साथ ही निजी क्षेत्र के सहयोग से इनके कौशल विकास की कार्ययोजना बनेगी। डिजिटल बाबू: AI तय करेगा युवाओं के लिए सही नौकरी रोजगार व्यवस्था को पूरी तरह हाईटेक बनाने के लिए सीएम योगी ने सेवायोजन विभाग को आधुनिक डिजिटल तंत्र के रूप में बदलने के निर्देश दिए। रोजगार संगम पोर्टल पर अब आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) आधारित सेवाएं शुरू होंगी, जिससे युवाओं की योग्यता के अनुसार उन्हें सही नौकरी ऑटोमैटिक मैच हो जाएगी। जुलाई 2025 में गठित 'उत्तर प्रदेश रोजगार मिशन' को विदेश मंत्रालय से भर्ती एजेंसी का लाइसेंस मिल चुका है। अब जर्मनी, जापान और स्लोवाक गणराज्य जैसे देशों की मांग के अनुसार यूपी के युवाओं को जापानी, जर्मन और अंग्रेजी भाषाओं का स्पेशल प्रशिक्षण देकर विदेशों में नौकरी के लिए भेजा जाएगा। हाईटेक होंगे 'लेबर अड्डे', मिलेगा सुरक्षित आवास महानगरों और औद्योगिक शहरों में सुबह काम की तलाश में जुटने वाले दिहाड़ी मजदूरों के लिए योगी सरकार बड़ा कदम उठाने जा रही है। सभी औद्योगिक शहरों में 'लेबर अड्डों' को व्यवस्थित कर आधुनिक श्रमिक सुविधा केंद्र के रूप में बदला जाएगा। ये केवल मज़दूरों के जुटने की जगह नहीं होंगे, बल्कि यहाँ उनके लिए जरूरी नागरिक सुविधाएं और सहायता डेस्क होगी। बाहर से आने वाले निर्माण श्रमिकों के लिए शहरों में सुरक्षित और व्यवस्थित आवास की व्यवस्था की जाएगी। कानपुर के विष्णुपुरी और बेनाझाबर में 200-200 क्षमता वाले औद्योगिक श्रमिक प्रशिक्षण संस्थान और हॉस्टल बनाने की योजना को हरी झंडी दी गई है। सरकारी विभागों में भी चलेगी 'सेवामित्र' व्यवस्था घरेलू और कुशल सेवाएं देने वाले 'सेवामित्र ऐप और पोर्टल' (शुरू-2021) की सफलता को देखते हुए मुख्यमंत्री ने इसे और विस्तार देने को कहा है। अब सरकारी विभागों में भी आवश्यकता के अनुसार सेवामित्र व्यवस्था के उपयोग का प्रस्ताव तैयार होगा, जिससे स्थानीय स्तर पर रोजगार बढ़ेगा और सरकारी कामकाज में पारदर्शिता आएगी। वर्तमान में इस पोर्टल पर 54,747 कुशल कामगार रजिस्टर्ड हैं। औद्योगिक विकास में बना रिकॉर्ड: कारखानों के पंजीकरण में भारी उछाल बैठक में बताया गया कि उद्योगों के अनुकूल माहौल और श्रमिक हितों में संतुलन बनाने के कारण यूपी को बिजनेस रिफॉर्म्स (BRAP) में 'टॉप अचीवर' का दर्जा मिला है। मार्च 2017 तक प्रदेश में केवल 14,176 कारखाने पंजीकृत थे। अप्रैल 2017 के बाद 18,407 नए कारखानों का रजिस्ट्रेशन हुआ है, जिससे कुल पंजीकृत कारखानों की संख्या 32,583 पार कर गई है।
घरेलू विवाद के बाद युवक ने लगाई आग:घर का सामान जलकर राख, बिस्तर तक फूंक दिया, लोगों ने बुलाई पुलिस
बस्ती के हर्रैया थाना क्षेत्र के वार्ड नंबर 7 में शुक्रवार सुबह एक घरेलू विवाद के बाद एक व्यक्ति ने अपने घर के सामान में आग लगा दी। इस घटना से क्षेत्र में हड़कंप मच गया। जानकारी के मुताबिक, वार्ड नंबर 7 निवासी दुर्गा प्रसाद पुत्र काली प्रसाद का परिवार के सदस्यों से किसी बात पर विवाद हो गया था। विवाद बढ़ने पर दुर्गा प्रसाद ने घर में रखी चौकी, बिस्तर और अन्य घरेलू सामान में आग लगा दी। देखते ही देखते कमरे से धुआं और आग की लपटें उठने लगीं। आसपास के लोगों ने धुआं देखकर तत्काल हर्रैया पुलिस को सूचना दी। पुलिस टीम मौके पर पहुंची और स्थानीय निवासियों की सहायता से आग बुझाने का प्रयास शुरू किया। काफी मशक्कत के बाद आग पर काबू पा लिया गया, जिससे एक बड़ा हादसा टल गया। इस घटना में कोई जनहानि नहीं हुई है, हालांकि घर का घरेलू सामान जलकर क्षतिग्रस्त हो गया। स्थानीय लोगों ने बताया कि यदि समय रहते आग पर काबू नहीं पाया जाता तो यह आसपास के घरों तक भी फैल सकती थी। घटना के बाद क्षेत्र में कुछ देर के लिए तनाव का माहौल रहा।
हरियाणा के कुरुक्षेत्र शहर से चोर रिटायर्ड असिस्टेंट सब इंस्पेक्टर (ASI) की कार चोरी कर ले गए। उनकी स्विफ्ट डिजायर कार घर के बाहर ही खड़ी थी। परिवार को कार चोरी होने का पता तब चला, जब मोबाइल पर ओवरस्पीड चालान का मैसेज आया। चोरी की पूरी वारदात आसपास लगे CCTV कैमरों में कैद हो गई है। फुटेज के दिख रहे दो चोर पहले बड़ी सफाई से कार का लॉक खोलते हैं। इसके बाद वे कार को घर से कुछ दूरी तक धक्का देकर ले जाते हैं ताकि किसी को आवाज न सुनाई दे। फिर कार लेकर फरार हो जाते हैं। शुक्रवार को ज्योति नगर से ब्रेजा कार चोरी हुई थी। उस कार भी चालान का मैसेज आने के बाद चोरी का पता चला था। घर के बाहर खड़ी थी कार सेक्टर-8 के रिटायर्ड ASI कृष्ण कुमार ने बताया कि उनकी सफेद रंग की 2019 मॉडल स्विफ्ट डिजायर कार घर के बाहर खड़ी थी। शुक्रवार देर रात करीब 2:30 बजे अज्ञात चोर कार चोरी करके ले गए। सुबह उनके बेटे अनुज के मोबाइल पर ओवरस्पीड चालान का मैसेज आया। पहले उन्हें लगा कि शायद किसी गलती की वजह से हुआ। कार घर के बाहर से गायब मिली फिर भी अपनी तसल्ली के लिए बाहर जाकर देखा तो कार गायब थी। इसके बाद आसपास लगे CCTV कैमरे चेक किए गए, जिसमें पूरी चोरी की घटना सामने आ गई। चोर बेहद प्रोफेशनल तरीके से आए थे। पूरी वारदात का तरीका बिल्कुल वैसा ही रहा जैसा शुक्रवार सुबह ज्योति नगर में हुई ब्रेजा कार चोरी में देखने को मिला था। रिटायरमेंट के बाद खरीदी थी कार कृष्ण कुमार ने बताया कि पूरी नौकरी मोटरसाइकिल चलाकर निकाली थी। 2024 में रिटायरमेंट के बाद ये पुरानी 2019 मॉडल स्विफ्ट डिजायर कार खरीदी थी। परिवार के लिए यह सिर्फ एक गाड़ी नहीं, बल्कि लंबे समय की मेहनत का सपना थी। फिलहाल पुलिस मामले की जांच कर रही है।
कोटा में एसीबी कोर्ट में राजस्व हानि करने व धोखाधड़ी के 28 साल पुराने मामले में फैसला सुनाया है। कोर्ट ने नगर निगम के तत्कालीन सहायक लेखाधिकारी प्रकाश चंद, मैंसर्स मयूर ट्रेड लिंकर्स कोटा के प्रोपराइटर ललित, मैंसर्स थोनेट सेंटर प्रोपराइटर ललित की पत्नी मधु व मैंसर्स क्राफ्ट वे इंजिनियर्स लिमिटेड मुंबई के मैनेजिंग डायरेक्टर हरविंदर सिंह को संदेह का लाभ देते हुए बरी किया है। सुनवाई के दौरान एसीबी शिकायतकर्ता का परिवाद कोर्ट में पेश नहीं कर सकी। मामला नगर निगम में फाइबर ग्लास बोट से खरीद से जुडा था। आरोप था की फाइबर ग्लास पेसेंजर बोट खरीद में अधिकारियों ने फर्म से मिलीभगत कर सरकार को 2,96,658 रूपए का राजस्व नुकसान पहुंचा। इस मामले अज्ञात शिकायतकर्ता के परिवाद पर जून 1998 में जयपुर एसीबी मुख्यालय ने मामला दर्ज किया था। प्रकाश चंद व मैंसर्स क्राफ्ट वे इंजिनियर्स लिमिटेड के और से वकील दीपक मित्तल ने बताया कि अज्ञात शिकायतकर्ता के परिवाद में आरोप था कि नगर मिगम की और से फाइबर ग्लास बोट टेंडर जारी किया गया था। टेंडर में तीन फर्म शामिल हुई। अधिकारियों ने फर्म से मिलीभगत करके नियम विरुद्ध 4 लाख कीमत की फाइबर ग्लास पेसेंजर बोट 7 लाख रुपए में खरीदी। मामले की जांच कोटा एसीबी द्वारा की गई। मामले तत्कालीन आयुक्त लोकनाथ सोनी, तत्कालीन मुख्य कार्यकारी अधिकारी मीठा राम, लेखा अधिकारी कपिल देव शर्मा, सहायक लेखा अधिकारी प्रकाश चंद जैन, उद्यान अधीक्षक कृष्ण मोहन प्रधान, स्टोर कीपर कन्हैयालाल व टेंडर में शामिल तीन फर्मो पर मिली भगत करने के आरोप लगे। साल 2008 में कोर्ट ने प्रसंज्ञान लिया। तत्कालीन आयुक्त लोकनाथ सोनी एसीबी के गवाह बन गए, तत्कालीन कार्यकारी अधिकारी मीठाराम पर कार्रवाई के लिए सरकार ने अभियोजन स्वीकृति जारी नहीं की। कृष्ण मोहन व कन्हैया लाल पर कार्रवाई के लिए तत्कालीन निगम में मेयर ने अभियोजन स्वीकृति जारी नहीं की। एसीबी ने निगम के तत्कालीन अधिकारी प्रकाश चंद, कपिल देव के साथ साथ मैंसर्स मयूर ट्रेड लिंकर्स कोटा के प्रोपराइटर ललित, मैंसर्स थोनेट सेंटर प्रोपराइटर ललित की पत्नी मधु व मैंसर्स क्राफ्ट वे इंजिनियर्स लिमिटेड मुंबई के मैनेजिंग डायरेक्टर हरविंदर सिंह के खिलाफ कोर्ट में चालान पेश किया। कपिल देव शर्मा ने हाई कोर्ट की शरण ली। इसके बाद कोर्ट ने कपिल खिलाफ कार्रवाई ड्रॉप कर दी। सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष टेंडर में मिलीभगत व राजस्व हानि साबित नहीं कर पाया। एसीबी भी शिकायतकर्ता का परिवाद कोर्ट में पेश नहीं कर सकी। कोर्ट ने संदेह का लाभ देते हुए तत्कालीन सहायक लेखा अधिकारी प्रकाश चंद, फर्म के प्रोपराइटर ललित, मधु व हरविंदर को दोष मुक्त कर दिया। मामले में 14 गवाह व 28 दस्तावेज पेश किए।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रदेश में मौसम संबंधी पूर्व चेतावनी प्रणाली को और अधिक सटीक, तेज और जनकेंद्रित बनाने के कड़े निर्देश दिए हैं। शनिवार को राहत एवं आपदा प्रबंधन विभाग की समीक्षा बैठक में मुख्यमंत्री ने कहा कि प्राकृतिक आपदाओं के दौरान समय पर मिलने वाली सही सूचना अनमोल जिंदगियां बचा सकती है। इसलिए मौसम के पूर्वानुमान को सिर्फ फाइलों और तकनीकी दफ्तरों तक सीमित न रखकर, गांवों के अंतिम व्यक्ति तक प्रभावी रूप से पहुंचाया जाए। 13 मई के तूफान की हुई समीक्षा, 130 किमी/घंटा तक थी रफ्तार बैठक में पिछले दिनों 13 मई 2026 को आए भीषण आंधी-तूफान की समीक्षा रिपोर्ट पेश की गई। अधिकारियों ने बताया कि मौसम विभाग (IMD) का सिस्टम इस आपदा पर 7 दिन पहले से नजर रखे हुए था। शुरुआत में 'येलो वार्निंग' जारी हुई थी, जिसे बाद में 'ऑरेंज' और फिर 'रेड अलर्ट' में बदला गया। कई इलाकों में हवा की गति 80 से 130 किलोमीटर प्रति घंटा तक पहुंच गई थी। भदोही, प्रयागराज, फतेहपुर, लखनऊ, मिर्जापुर, रायबरेली, कानपुर और उन्नाव जैसे जिलों में 'सचेत' प्लेटफॉर्म के जरिए कलर-कोडेड नाउकास्ट (3 घंटे का एडवांस) अलर्ट भेजा गया था। अब लाउडस्पीकर और मोबाइल बनेंगे सुरक्षा कवच मुख्यमंत्री ने निर्देश दिया कि अलर्ट सिस्टम को सीधे जनता से जोड़ा जाए। इसके लिए लास्ट माइल कनेक्टिविटी फॉर्मूले पर काम होगा: स्थानीय माध्यम: आईवीआरएस (IVRS) कॉल, पंचायत स्तर पर लगे लाउडस्पीकर, लोकल एफएम रेडियो और सोशल मीडिया का पूरा इस्तेमाल हो। ग्राउंड टीम एक्टिव: ग्राम प्रधान, लेखपाल, आशा और आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं के व्हाट्सएप ग्रुप्स के जरिए चेतावनी तुरंत नीचे तक पहुंचे। जागरूकता अभियान: स्कूलों और पंचायतों में लोगों को सिखाया जाए कि बिजली कड़कने या आंधी आने पर क्या करें और क्या न करें। कमजोर होर्डिंग्स, पेड़ों और बिजली के खंभों का पहले से सुरक्षा ऑडिट हो। रडार और वेदर स्टेशनों का बिछेगा जाल यूपी को मौसम विज्ञान के मामले में आत्मनिर्भर बनाने के लिए अत्याधुनिक तकनीक का इस्तेमाल किया जा रहा है। प्रदेश में 450 ऑटोमैटिक वेदर स्टेशन और 2000 ऑटोमैटिक रेन गेज (वर्षा मापी केंद्र) काम कर रहे हैं। लखनऊ, वाराणसी, अलीगढ़, झांसी और आजमगढ़ में डॉप्लर वेदर रडार स्थापित किए जा रहे हैं। इसके अलावा बरेली, देवरिया और प्रयागराज में भी अतिरिक्त रडार लगाने की प्रक्रिया चल रही है। लखनऊ और प्रयागराज में हवा की गति और दिशा भांपने वाले विंड प्रोफाइलर रडार लगाए जा रहे हैं। 15 विभागों का बनेगा अलग 'डिजास्टर मैनेजमेंट प्लान' यूएनडीपी (UNDP) के सहयोग से उत्तर प्रदेश के 15 सरकारी विभागों, सभी 75 जिलों और 20 प्रमुख शहरों के लिए कस्टमाइज्ड 'डिजास्टर मैनेजमेंट प्लान' तैयार हो रहा है। इसके तहत जमीनी स्तर पर बड़ी तैयारी की गई है। वर्ष 2025 में 44 जिलों की 118 तहसीलों में करीब 1800 स्वयं सहायता समूहों (SHG) की महिलाओं को आपदा प्रबंधन की ट्रेनिंग दी गई, जिन्होंने 2361 गांवों में जागरूकता फैलाई। बोट हादसों को रोकने के लिए 38 संवेदनशील जिलों में 66,077 लाइफ जैकेट बांटे गए हैं और 'आपदा मित्र' वॉलंटियर्स को बीमा सर्टिफिकेट दिए गए हैं।

