नंदवान में मिली जली हुई बॉडी:पुलिस ने मॉर्च्युरी में रखवाया शव; मौत के कारणों का पता लगा रही पुलिस
जोधपुर के विवेक विहार थाना क्षेत्र के नंदवान में एक व्यक्ति की आधी जली हुई बॉडी मिली। इससे इलाके में सनसनी फैल गई। सूचना मिलने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची और बॉडी को अपने कब्जे में लेकर जोधपुर के मथुरादास माथुर अस्पताल पहुंचाया। यहां बॉडी की शिनाख्त हो गई। परिजनों की ओर से रिपोर्ट देने पर पुलिस की ओर से आगे की कार्रवाई की जाएगी। यह वारदात रविवार शाम करीब 4 बजे हुई। बॉडी की शिनाख्त तेजाराम (48) पुत्र रावत राम जाट निवासी गोदारा की ढाणी नंदवान के तौर पर हुई है। विवेक विहार थाना अधिकारी बलवंत राम ने बताया- नंदवान गांव में शाम 4 बजे एक व्यक्ति की आधी जली हुई हालत में बॉडी मिलने की सूचना मिली थी। इस पर पुलिस मौके पर पहुंची। बॉडी को अपने कब्जे में लेकर मथुरादास माथुर हॉस्पिटल की मॉर्च्युरी भिजवाया। प्रारंभिक पड़ताल में सामने आया कि तेजाराम का मानसिक संतुलन पिछले कुछ दिनों से ठीक नहीं था। हालांकि पुलिस सभी एंगल से जांच कर रही है।
रीवा में सरकारी स्कूलों की 450 बंडल मुफ्त किताबें गायब:एफआईआर दर्ज; भोपाल की टीम जांच में जुटी
रीवा के शासकीय विद्यालयों में विद्यार्थियों को नि:शुल्क वितरित की जाने वाली पाठ्य पुस्तकों के वितरण में रीवा में बड़े फर्जीवाड़े का मामला सामने आया है। पाठ्य पुस्तक निगम के गोदाम से करीब दो ट्रक के बराबर 450 बंडल किताबें गायब मिली हैं। इन किताबों की अनुमानित कीमत 35 से 36 लाख रुपए बताई जा रही है। मामले के सामने आते ही रीवा से लेकर भोपाल तक हड़कंप मच गया। मामले में चोरहटा थाने में एफआईआर दर्ज कर ली गई है, जबकि भोपाल से पहुंची टीम ने जांच शुरू कर दी है। बताया जा रहा है कि दो दिन पहले ही शासकीय विद्यालयों में वितरित होने वाली किताबों में अनियमितता का मामला उजागर हुआ था। इसके बाद कलेक्टर नरेंद्र सूर्यवंशी ने मामले को गंभीरता से लेते हुए किताबों के वितरण के निर्देश दिए। जब गोदाम के स्टॉक का मिलान किया गया तो बड़ी संख्या में किताबें गायब मिलीं। सूत्रों के अनुसार, जिन किताबों को सरकारी स्कूलों तक पहुंचना था, वे कई विद्यालयों में नहीं पहुंचीं। वहीं, इन्हीं किताबों के खुले बाजार में बिकने की शिकायतें भी सामने आई थीं। जांच के दौरान यह भी सामने आया कि गोदाम में कुछ ऐसी किताबें रखी मिली हैं, जो रिकॉर्ड में पहले ही वितरित या समाप्त दर्शाई जा चुकी थीं। आशंका जताई जा रही है कि बदले हुए सिलेबस की पुस्तकों को बाद में वापस रखकर कागजी खानापूर्ति की गई हो। हालांकि, इसकी पुष्टि जांच पूरी होने के बाद ही होगी। मामले की गंभीरता को देखते हुए भोपाल स्तर से अधिकारियों की टीम रीवा पहुंची है। टीम गोदाम के स्टॉक, वितरण रजिस्टर और अन्य दस्तावेजों की बारीकी से जांच कर रही है। जांच में और भी अनियमितताओं के सामने आने की संभावना जताई जा रही है। थाना प्रभारी पवन शुक्ला ने बताया कि पाठ्य पुस्तक निगम के गोदाम से 450 बंडल किताबें गायब मिली हैं, जिनकी अनुमानित कीमत 35 से 36 लाख रुपए है। इस संबंध में चोरहटा थाने में एफआईआर दर्ज कर ली गई है और मामले की विवेचना की जा रही है। जांच के आधार पर आगे वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।
मेरठ में युवक ने आम के पेड़ पर फांसी लगाई:नोएडा में नौकरी छूटने के बाद पत्नी से चल रहा था विवाद
मेरठ के बहसूमा क्षेत्र के सदरपुर गांव में रविवार देर शाम गृह क्लेश के चलते एक 34 वर्षीय युवक संजीव ने आम के पेड़ से फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। घटना की सूचना मिलते ही परिजनों में कोहराम मच गया। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए मेरठ मोर्चरी भेज दिया है। ट्यूबवेल के पास आम के पेड़ पर लटकी मिली लाश थाना प्रभारी रविंद्र कुमार पंवार ने बताया कि पुलिस को सूचना मिली थी कि सदरपुर गांव के पास रामपाल की ट्यूबवेल पर एक युवक ने फांसी लगा ली है। जब पुलिस टीम मौके पर पहुंची, तो संजीव का शव आम के पेड़ की डाल पर तौलिया के फंदे से लटका हुआ था। पुलिस ने शव को नीचे उतारा, लेकिन तब तक उसकी मौत हो चुकी थी। पुलिस ने शव का पंचनामा भरकर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है। नौकरी छूटने के बाद मायके चली गई थी पत्नी मृतक संजीव के पिता सुनील और भाई संदीप ने बताया कि संजीव पिछले कई वर्षों से नोएडा में रहकर नौकरी करता था। वहां उसकी पत्नी सरिता और बच्चा लड्डू भी उसके साथ रहते थे। कुछ समय पहले संजीव की नौकरी छूट गई थी, जिसके बाद से घर में आर्थिक तंगी और गृह क्लेश शुरू हो गया। परिजनों के मुताबिक, नौकरी जाने के बाद पत्नी अक्सर संजीव से विवाद करती थी और कुछ दिन पहले वह उसे छोड़कर अपने गांव सैनी (मायके) जाकर रहने लगी थी। पत्नी के दूर जाने और बेरोजगारी के कारण संजीव पिछले कई दिनों से गहरे मानसिक तनाव से गुजर रहा था। जांच में जुटी पुलिस थाना प्रभारी ने बताया कि समाचार लिखे जाने तक परिजनों या किसी अन्य पक्ष की ओर से कोई लिखित तहरीर नहीं मिली है। पुलिस पूरे घटनाक्रम की बारीकी से जांच कर रही है। जांच में जो भी तथ्य सामने आएंगे और जो भी दोषी पाया जाएगा, उसके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
कोरबा के पथरीपारा स्थित डेंगूनाला में मगरमच्छ दिखने की खबर से इलाके में हड़कंप मच गया। व्हाट्सएप ग्रुप पर एक फोटो वायरल होने के बाद बड़ी संख्या में लोग मौके पर पहुंच गए। सूचना मिलते ही वन विभाग की रेस्क्यू टीम भी पहुंची, लेकिन काफी देर तक तलाश के बाद भी मगरमच्छ का कोई पता नहीं चला। ऐसे में फोटो और सूचना को लेकर अफवाह की आशंका जताई जा रही है। जानकारी के मुताबिक, पथरीपारा के कुछ युवक डेंगूनाला में मछली पकड़ने गए थे। उन्होंने नाले में मगरमच्छ देखने का दावा किया। इसके बाद उसकी फोटो खींचकर व्हाट्सएप ग्रुप में शेयर कर दी। देखते ही देखते फोटो सोशल मीडिया पर वायरल हो गई और बड़ी संख्या में लोग मौके पर पहुंच गए। वन विभाग ने चलाया सर्च ऑपरेशन सूचना मिलने के बाद वन विभाग की आरसीआरएस रेस्क्यू टीम मौके पर पहुंची और नाले के आसपास गहन तलाश की। टीम के सदस्य अविनाश यादव ने बताया कि उन्हें व्हाट्सएप ग्रुप के जरिए मगरमच्छ दिखने की जानकारी मिली थी। मौके पर मौजूद कुछ युवकों ने भी मगरमच्छ देखने की बात कही थी। इसके बाद पूरे इलाके में खोजबीन की गई, लेकिन काफी देर तक तलाश करने के बावजूद मगरमच्छ नहीं मिला। स्थानीय लोगों ने भी नहीं देखा मगरमच्छ स्थानीय लोगों का कहना है कि उन्हें भी व्हाट्सएप पर फोटो मिलने के बाद ही जानकारी मिली थी। वे मौके पर पहुंचे, लेकिन उन्हें भी कहीं मगरमच्छ दिखाई नहीं दिया। कुछ लोगों का मानना है कि वायरल फोटो किसी दूसरे स्थान की हो सकती है या फिर उसे एडिट कर अफवाह फैलाई गई है। बारिश के बाद जताई गई थी आशंका स्थानीय लोगों का कहना है कि कुछ दिन पहले हुई भारी बारिश से नदी-नालों का जलस्तर बढ़ गया था। ऐसे में मगरमच्छ के बहकर इस क्षेत्र में आने की संभावना से भी इनकार नहीं किया जा सकता। हालांकि, इसकी पुष्टि नहीं हो सकी है। वन विभाग ने अफवाहों से बचने की अपील की वन विभाग ने लोगों से अपील की है कि बिना पुष्टि की गई खबरों और सोशल मीडिया पर वायरल हो रही अफवाहों पर भरोसा न करें। किसी भी वन्यजीव के दिखने की जानकारी मिलने पर तुरंत वन विभाग को सूचना दें और अनावश्यक रूप से भीड़ न लगाएं।
रोहतक में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने भाजपा सरकार के खिलाफ व बिहार में भरत तिवारी के एनकाउंटर को हत्या करार देते हुए मशाल जुलूस निकाला और भरत तिवारी को श्रद्धांजलि दी। पुराना आईटीआई मैदान से लेकर सुभाष चौक तक मशाल जुलूस निकालते हुए मोदी सरकार के इस्तीफे की मांग की। मशाल जुलूस से पूर्व शहीद मदन लाल धींगड़ा कम्युनिटी सेंटर में श्रद्धांजलि सभा का आयोजन किया गया, जिसमें लोकसभा सांसद दीपेंद्र सिंह हुड्डा, विधायक बीबी बतरा व विधायक कुलदीप वत्स शामिल हुए। श्रद्धांजलि सभा के दौरान सांसद दीपेंद्र हुड्डा ने भाजपा सरकार को निशाने पर लेते हुए भरत तिवारी के एनकाउंटर को हत्या करार दिया। महापुरुषों के आदर्श व मूल्य बचाने की लड़ाई दीपेंद्र हुड्डा ने कहा कि आज महापुरुषों के आदर्शों व मूल्यों को बचाने की लड़ाई है। आज ऐसी सरकार बनी है, जिसने पूरे देश में संविधान को खतरे में डाल दिया है। लेकिन संविधान में स्वतंत्रता दी गई थी, जो आज खतरे में है। भरत तिवारी नागरिकों के हकों की लड़ाई लड़ते थे, जो भाजपा के गले नहीं उतरी। हर वर्ग की आवाज दबाने में लगी भाजपा दीपेंद्र हुड्डा ने कहा कि आज भाजपा हर वर्ग की आवाज दबाने में लगी हुई है। कोई भी वर्ग अपनी आवाज उठाता है तो भाजपा उसे दबाने में लग जाती है। जंतर मंतर पर छात्रों की बात उठाने पर भूख हड़ताल पर बैठे लोगों को उठा लिया। प्रजातंत्र व संविधान में सभी को अपने हक की लड़ाई लड़ने का अधिकार है, क्योंकि अभी तक यह देश तानाशाह डिक्लेयर नहीं हुआ। बिहार में भरत तिवारी के परिवार से मिले कुलदीप वत्सदीपेंद्र हुड्डा ने कहा कि विधायक कुलदीप वत्स बिहार जाकर आए और भरत तिवारी के परिवार से मिले। उनके परिवार की आवाज को उठा रहे है। आज मशाल जुलूस के माध्यम से भरत तिवारी को श्रद्धांजलि दी गई है और उसके परिवार को न्याय दिलाने की मांग की है। भाजपा ने 12 साल में नहीं किया कोई काम दीपेंद्र हुड्डा ने कहा कि भारतीय जनताा पार्टी काम की बात तो तब करें, जब कोई काम किया हो। प्रधानमंत्री हरियाणा में आए और खाली हाथ लौट गए। पिछले 12 साल में एक भी बड़ा प्रोजेक्ट हरियाणा को नहीं दिया। एक ट्रेन देकर गए, जो किसी काम की नहीं निकली।
मथुरा शहर कोतवाली क्षेत्र के सौंख रोड पर रविवार शाम करीब 4 बजे एक युवक पर दर्जनभर युवकों ने हमला कर दिया। पुरानी रंजिश के चलते हुए इस हमले में युवक को लाठी-डंडों से पीटा गया, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और घायल को जिला अस्पताल में भर्ती कराया। पुलिस के अनुसार, गोवर्धन की इंद्र कॉलोनी निवासी दिनेश और गोवर्धन के ही धर्मवीर के बीच लगभग एक साल से पुरानी रंजिश चली आ रही है। धर्मवीर वर्तमान में गोविंद नगर क्षेत्र की राधेश्याम कॉलोनी में रहता है। बताया गया कि रविवार को दिनेश किसी काम से मथुरा आया था। इसकी जानकारी मिलने पर धर्मवीर अपने करीब दर्जनभर साथियों के साथ कोतवाली क्षेत्र के सौंख रोड स्थित पाती राम मंदिर के पास पहुंच गया। वहां उन्होंने दिनेश को घेर लिया। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, पहले दोनों पक्षों में कहासुनी हुई, जो जल्द ही मारपीट में बदल गई। आरोपियों ने दिनेश पर लाठी-डंडों से ताबड़तोड़ हमला किया, जिससे वह लहूलुहान होकर सड़क पर गिर पड़ा। स्थानीय लोगों की सूचना पर कोतवाली पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची। पुलिस ने एंबुलेंस की मदद से घायल दिनेश को जिला अस्पताल भेजा, जहां चिकित्सकों की निगरानी में उसका उपचार चल रहा है। पुलिस ने घायल के परिजनों को भी घटना की जानकारी दे दी है। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि करीब एक वर्ष पहले दिनेश ने धर्मवीर पर हमला किया था। उसी घटना के बाद से दोनों पक्षों के बीच गहरी दुश्मनी चल रही थी। पुलिस का मानना है कि रविवार की यह घटना उसी पुरानी रंजिश का परिणाम है। सीओ सिटी आशना चौधरी ने बताया कि घायल के परिजनों को सूचित कर दिया गया है और पूरे मामले की जांच की जा रही है। उन्होंने यह भी बताया कि अभी तक किसी भी पक्ष की ओर से कोई तहरीर प्राप्त नहीं हुई है।
खैरथल-तिजारा जिले की मुण्डावर थाना पुलिस ने अवैध हथियारों के मुख्य सप्लायर अनिल कुमार उर्फ डूंगर (22) को गिरफ्तार किया है। अनिल कुमार भरतपुर के हिंगोटा, थाना खेड़ली मोड़ का निवासी है। पुलिस के अनुसार, आरोपी उत्तर प्रदेश से हथियार खरीदकर राजस्थान के भरतपुर, अलवर और जयपुर सहित कई जिलों में उनकी आपूर्ति करता था। अनिल कुमार उर्फ डूंगर के खिलाफ आर्म्स एक्ट सहित विभिन्न थानों में कुल 12 आपराधिक मामले दर्ज हैं। यह कार्रवाई पुलिस अधीक्षक बृजेश ज्योति उपाध्याय के निर्देश पर, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक जया सिंह और किशनगढ़बास वृत्ताधिकारी लालसिंह यादव के पर्यवेक्षण में थाना प्रभारी मोहर सिंह के नेतृत्व में की गई। यह गिरफ्तारी 24 मई 2026 को तिनकीरूड़ी बस स्टैंड पर हुई एक पिछली कार्रवाई से जुड़ी है। उस दौरान मुखबिर की सूचना पर एक स्विफ्ट कार (RJ-02-CJ-7222) से लोकेश प्रजापत निवासी मातौर को गिरफ्तार किया गया था। उसके पास से दो अवैध 12 बोर देशी कट्टे और कार जब्त की गई थी। जांच में सामने आया था कि लोकेश प्रजापत गैंग रंजिश के चलते गैंगवार की तैयारी में भारी मात्रा में हथियार और कारतूस जुटा रहा था। इस मामले में पुलिस पहले ही गैंग सदस्य मनोज कुमार उर्फ मन्नू निवासी खुदनपुरी, अलवर को गिरफ्तार कर जेल भेज चुकी है। अनिल कुमार उर्फ डूंगर की गिरफ्तारी के साथ इस प्रकरण में अब तक कुल तीन आरोपी पकड़े जा चुके हैं, जबकि अन्य आरोपियों की तलाश जारी है। पुलिस अनिल कुमार से अवैध हथियारों की खरीद-फरोख्त के नेटवर्क, सप्लाई चेन और इससे जुड़े अन्य आरोपियों के संबंध में गहन पूछताछ कर रही है। प्रारंभिक जांच से पता चला है कि आरोपी लंबे समय से उत्तर प्रदेश से हथियार लाकर राजस्थान के विभिन्न जिलों में उनकी आपूर्ति कर रहा था। इस कार्रवाई को अंजाम देने वाली टीम में थाना प्रभारी मोहर सिंह, सहायक उपनिरीक्षक रतनलाल, कांस्टेबल फूल सिंह और कांस्टेबल प्रेम कुमार शामिल थे।
कुशीनगर में गेहूं लदा ट्रेलर पलटा, चालक की मौत:घंटों की मशक्कत के बाद हाइड्रा से निकाला गया शव
कुशीनगर के कसया नगर में रविवार शाम गेहूं से लदा एक ट्रेलर अनियंत्रित होकर सड़क किनारे गड्ढे में पलट गया। हादसे में ट्रेलर चालक केबिन में बुरी तरह फंस गया और उसकी मौके पर ही मौत हो गई। चालक को बाहर निकालने के लिए पुलिस और स्थानीय लोगों को घंटों मशक्कत करनी पड़ी। पहले जेसीबी की मदद से ट्रेलर उठाने का प्रयास किया गया, लेकिन सफलता नहीं मिली। इसके बाद हाइड्रा मशीन मंगाई गई, जिसकी मदद से चालक के शव को बाहर निकाला जा सका। हादसा कसया नगर के रामकोला मार्ग पर सेमरी गांव के पास रविवार शाम हुआ। मृतक की पहचान भठही बाबू निवासी अर्जुन यादव (35) पुत्र सुरेंद्र यादव के रूप में हुई है। बताया जा रहा है कि अर्जुन यादव रविवार शाम गेहूं से भरा ट्रेलर लेकर घर से निकले थे। मोड़ पर अचानक अनियंत्रित हुआ ट्रेलर जानकारी के अनुसार, ट्रेलर में शुरुआत में चालक समेत दो लोग सवार थे। हालांकि, दूसरा व्यक्ति रास्ते में ही उतर गया था। इसके बाद अर्जुन यादव अकेले ट्रेलर लेकर आगे बढ़ रहे थे। सेमरी गांव के पास मोड़ पर पहुंचते ही अचानक ट्रेलर अनियंत्रित हो गया और सड़क किनारे बने गड्ढे में जा पलटा। हादसा इतना भीषण था कि ट्रेलर के चारों पहिए ऊपर हो गए और चालक केबिन के अंदर बुरी तरह फंस गया। मौके पर मौजूद लोगों को उसका एक पैर केबिन से बाहर दिखाई दे रहा था। जेसीबी से नहीं निकला चालक, हाइड्रा से निकाला शव हादसे की सूचना मिलते ही कसया पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने पहले जेसीबी की मदद से ट्रेलर को उठाकर चालक को बाहर निकालने का प्रयास किया, लेकिन ट्रेलर की स्थिति और चालक के केबिन में फंसे होने के कारण सफलता नहीं मिली। इसके बाद हाइड्रा मशीन मंगाई गई। पुलिस और स्थानीय लोगों ने घंटों की कड़ी मशक्कत के बाद ट्रेलर को उठाकर चालक को बाहर निकाला। इसके बाद उसे तत्काल सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) कसया ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया। कसया थाना प्रभारी इत्यानंद पांडेय ने बताया कि शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। मामले में आवश्यक विधिक कार्रवाई की जा रही है।
सोनौली में साइबर ठग गिरोह का भंडाफोड़:तीन गिरफ्तार, भारी मात्रा में सिम और फर्जी आधार कार्ड बरामद
महराजगंज में साइबर अपराधों पर अंकुश लगाने के अभियान के तहत बड़ी कार्रवाई की गई है। रविवार शाम को साइबर क्राइम थाना महराजगंज, एसओजी और स्वाट टीम ने सोनौली क्षेत्र से एक संगठित साइबर ठग गिरोह के तीन सदस्यों को गिरफ्तार किया। इनके पास से बड़ी संख्या में सक्रिय और निष्क्रिय सिम कार्ड, फर्जी आधार कार्ड और मोबाइल फोन बरामद हुए हैं। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान सुनील (25), पुत्र राधेश्याम, निवासी गुरुद्दीनपुरवा लौकही, थाना ईसानगर, जनपद खीरी के रूप में हुई है। अन्य दो आरोपी रोहित कुमार (25), पुत्र रमाकांत, निवासी गिरधारीपुर, थाना धौरहरा, जनपद खीरी और मोहम्मद अकील (31), पुत्र मोहम्मद हनीफ, निवासी विरसिंगपुर, थाना ईसानगर, जनपद खीरी हैं। पुलिस जांच में सामने आया है कि ये आरोपी सक्रिय सिम कार्ड उपलब्ध कराते थे। इसके बाद संगठित गिरोह के सदस्य लोगों को फोन कर आकर्षक ऑफर और विभिन्न प्रलोभनों का झांसा देकर साइबर ठगी करते थे। पुलिस को सोनौली क्षेत्र में मोबाइल लोकेशन आधारित संदिग्ध साइबर गतिविधियों की सूचना लंबे समय से मिल रही थी, जिसके आधार पर यह कार्रवाई की गई। छापेमारी के दौरान पुलिस ने तीन मोबाइल फोन, सात सक्रिय सिम कार्ड, तीन निष्क्रिय सिम कार्ड (एयरटेल, जियो और वोडाफोन), 79 नए निष्क्रिय सिम कार्ड और तीन फर्जी आधार कार्ड बरामद किए। बरामद सामग्री से संकेत मिलता है कि यह गिरोह एक बड़े साइबर ठगी नेटवर्क का हिस्सा हो सकता है। इस मामले में साइबर क्राइम थाना महराजगंज में मुकदमा संख्या 46/2026 दर्ज किया गया है। आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस), भारतीय दूरसंचार अधिनियम-2023 और सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम (आईटी एक्ट) की विभिन्न धाराओं के तहत मामला पंजीकृत किया गया है। पुलिस गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ कर रही है और गिरोह के अन्य सदस्यों की तलाश जारी है।
जशपुर जिले में नए आपराधिक कानूनों के प्रभावी क्रियान्वयन और अदालतों में दोषसिद्धि की दर बढ़ाने के लिए पुलिस अधीक्षक कार्यालय में अहम समन्वय बैठक हुई। बैठक में पुलिस, अभियोजन विभाग और शासकीय वकीलों ने मिलकर मामलों की जांच और पैरवी को और मजबूत बनाने पर चर्चा की। बैठक में जिला-सत्र न्यायाधीश जनार्दन खरे और डीआईजी डॉ. लाल उमेद सिंह ने अधिकारियों को भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (बीएनएसएस-2023) के प्रभावी पालन, बेहतर जांच और मजबूत अभियोजन के लिए जरूरी दिशा-निर्देश दिए। इस दौरान लंबित मामलों, एफएसएल, डीएनए रिपोर्ट और ट्रायल की प्रगति की भी समीक्षा की गई। बैठक में पुलिस अधिकारी, अभियोजन अधिकारी, थाना प्रभारी, विवेचक और शासकीय अधिवक्ता मौजूद रहे। वैज्ञानिक जांच और मजबूत पैरवी पर जोर जिला-सत्र न्यायाधीश जनार्दन खरे ने कहा कि नए कानूनों को सफल बनाने के लिए पुलिस, अभियोजन और न्यायपालिका के बीच बेहतर तालमेल जरूरी है। उन्होंने वैज्ञानिक साक्ष्य जुटाने, अच्छी जांच, प्रभावी पैरवी और समय पर कार्रवाई को दोषसिद्धि बढ़ाने का सबसे बड़ा आधार बताया। उन्होंने सभी अधिकारियों से हर मामले में कानून का सही तरीके से पालन करने और पीड़ितों को जल्द न्याय दिलाने के लिए मिलकर काम करने की अपील की। नए कानूनों की प्रक्रिया समझाई डीआईजी डॉ. लाल उमेद सिंह ने अधिकारियों को बीएनएसएस-2023 के तहत सत्र ट्रायल, वारंट ट्रायल, समन ट्रायल और संक्षिप्त ट्रायल की प्रक्रिया की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि नए कानूनों का मकसद सिर्फ अपराधियों को सजा दिलाना नहीं, बल्कि पीड़ितों को समय पर, पारदर्शी और प्रभावी न्याय दिलाना भी है। उन्होंने जांच और अभियोजन में तकनीक के ज्यादा इस्तेमाल, इलेक्ट्रॉनिक और वैज्ञानिक साक्ष्य जुटाने, वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग और समयबद्ध न्यायिक प्रक्रिया पर विशेष जोर दिया। हर महीने होगी दोषमुक्ति मामलों की समीक्षा बैठक में निर्देश दिए गए कि सरगुजा संभाग के सभी दोषमुक्ति मामलों की जानकारी हर महीने की 7 तारीख तक उपसंचालक अभियोजन कार्यालय को भेजी जाए। इससे मामलों की समय पर समीक्षा कर संभागीय समिति के सामने प्रस्तुत किया जा सकेगा। वीडियोग्राफी और इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्य पर विशेष ध्यान विवेचकों को निर्देश दिए गए कि जब्ती कार्रवाई की वीडियोग्राफी अदालत में पेश करें और उसका उल्लेख डिपोजिशन शीट में भी दर्ज करें। साथ ही बीएनएसएस की धारा 63 के तहत जरूरी प्रमाण-पत्र भी प्रस्तुत किए जाएं। इसके अलावा जिन मामलों में धारा 183 के तहत पीड़िता का बयान दर्ज होने के बाद वह अदालत में अपने बयान से मुकर जाती है, उनमें कानून के अनुसार कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। ट्रायल में देरी रोकने के निर्देश अधिकारियों को बीएनएसएस की धारा 346 के तहत दो से ज्यादा स्थगन होने पर अदालत में लिखित आपत्ति देने और धारा 356 के तहत फरार आरोपियों के खिलाफ ट्रायल इन एब्सेंटिया (अनुपस्थिति में सुनवाई) समय पर शुरू करने के निर्देश दिए गए। वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग से दर्ज गवाहियों का अलग रिकॉर्ड रखने और उसकी मासिक जानकारी अभियोजन कार्यालय को भेजने के लिए भी कहा गया। एफएसएल और डीएनए रिपोर्ट जल्द मंगाने के निर्देश डॉ. लाल उमेद सिंह ने कहा कि जिन मामलों में एफएसएल और डीएनए रिपोर्ट लंबित हैं, उनमें संबंधित प्रयोगशालाओं से लगातार संपर्क कर रिपोर्ट जल्द मंगाई जाए। उन्होंने कहा कि नए कानूनों की अच्छी समझ, मजबूत जांच, प्रभावी अभियोजन और सभी विभागों के बेहतर समन्वय से ही अदालतों में दोषसिद्धि दर बढ़ेगी और लोगों का न्याय व्यवस्था पर भरोसा और मजबूत होगा।
प्रयारगाज के इलाहाबाद संग्रहालय में रविवार को संगम आर्काइव के दूसरे दिन को फोटोग्राफी और सांस्कृतिक संरक्षण पर प्रदर्शनी सत्र आयोजित किया। कार्यक्रम में शहर के वरिष्ठ फोटोग्राफर, कला प्रेमी और शोधकर्ता शामिल हुए। उन्होंने पिक्चर डॉक्यूमेंटेशन के माध्यम से शहर की विरासत व विकास को रिकॉर्ड करने की आवश्यकता पर चर्चा की। शुरूआत वरिष्ठ फोटोग्राफर एस. के. यादव के स्पीच से हुई। जिनका शीर्षक था आज की तस्वीरें, कल का इतिहास। उन्होंने रघु राय, रघुबीर सिंह और प्रबुद्ध दासगुप्ता जैसे दिग्गजों के काम का जिक्र करते हुए बताया कि कैसे फोटोग्राफी ने न केवल कलात्मक मूल्य दिए बल्कि शहरों और समाज के बदलाव को भविष्य के लिए संरक्षित किया। उन्होंने आर्काइविंग में प्रमाणिकता और व्यवस्थित संरक्षण के महत्व पर जोर दिया। स्पीच के बाद शहर में फोटोग्राफी का विकास और फोटोग्राफिक दस्तावेजीकरण विषय पर पैनल चर्चा हुई। पैनल में शामिल फोटोग्राफरों विवेक सिंह,संजय बनौधा,कमल किशोर और एस. के. यादव ने अपने व्यक्तिगत अनुभव साझा किए। विवेक सिंह ने क्षेत्रीय परियोजनाओं से डॉक्यूमेंटेशन के व्यावहारिक पहलुओं पर बात की। वहीं संजय बनौधा ने प्रयागराज की भू-स्थानिक विविधता और सामाजिक ताने-बाने को दर्ज करने के अपने वर्षों के अनुभव बताए। कमल किशोर ने प्रदर्शनी की तस्वीरों के रचनात्मक एवं तकनीकी विश्लेषण पर चर्चा की। डॉ. धनंजय चोपड़ा ने कहा कि नई टेक्नोलॉजी के आगमन ने युवाओं को शहर की पहचान दर्ज करने में सशक्त बना दिया है। मोबाइल फोटोग्राफी, ड्रोन, जीआईएस और डिजिटल आर्काइविंग से तेज, सटीक और व्यापक डॉक्यूमेंटेशन संभव हुआ है। इससे न केवल भौतिक परिवर्तन रिकॉर्ड होते हैं बल्कि सामाजिक-आर्थिक कहानियां, सामुदायिक स्मृतियां और स्थानीय कलात्मक अभिव्यक्तियां भी संरक्षित होती हैं। इसलिए शहर को जानने और उसकी वैरायटी समझने के लिए व्यवस्थित डॉक्यूमेंटेशन अनिवार्य है। यह नयी पीढ़ी को इतिहास से जोड़ता है। आयोजकों ने कहा कि इन चर्चाओं का उद्देश्य युवा फोटोग्राफरों को प्रेरित करना और फोटोग्राफी को ऐतिहासिक संरक्षण के रूप में मान्यता दिलाना है। कार्यक्रम में डॉ. धनंजय चोपड़ा, डॉ. उर्मी, डॉ. प्रबल नियोगी, तथा फोटोग्राफर आशीष और विवेक यादव समेत कई अतिथि मौजूद रहे।
ग्वालियर में साइबर ठगों ने एक किसान को ऐसा निशाना बनाया कि मोबाइल बंद होने की मामूली परेशानी, एक लाख रुपए की बड़ी ठगी में बदल गई। ठगों ने पहले किसान का मोबाइल हैक किया फिर उसके बैंक खाते से पूरे एक लाख रुपए उड़ा दिए। हैरानी की बात यह है कि पीड़ित को दो दिन तक इस साइबर सेंधमारी की भनक तक नहीं लगी। मुरार थाना क्षेत्र के मुर्गी फार्म इलाके में रहने वाले 32 वर्षीय किसान दीपक राजपूत का 11 जून को अचानक मोबाइल बंद हो गया। उन्होंने इसे तकनीकी खराबी समझकर नजरअंदाज कर दिया। जब दो दिन बाद मोबाइल रिपेयर कराने पहुंचे तो मैकेनिक ने बताया कि मोबाइल किसी ने फॉर्मेट कर दिया है। पुलिस पता लग रही किन खातों में हुई रकम ट्रांसफर यहीं से किसान को शक हुआ और वह सीधे यूनियन बैंक की बड़ागांव शाखा पहुंचा। बैंक स्टेटमेंट निकलवाते ही उसके पैरों तले जमीन खिसक गई। खाते से एक लाख रुपए गायब थे। अज्ञात साइबर ठग ऑनलाइन ट्रांजैक्शन कर रकम निकाल चुके थे। प्रारंभिक जांच में पुलिस का मानना है कि किसान के मोबाइल में किसी तरह एपीके फाइल डाउनलोड हो गई होगी। इसी के जरिए ठगों ने मोबाइल का एक्सेस हासिल किया और बैंक खाते तक पहुंच बनाकर पूरी वारदात को अंजाम दिया। फरियादी ने 1930 पर तत्काल की मामले की शिकायत पीड़ित ने तुरंत राष्ट्रीय साइबर अपराध हेल्पलाइन 1930 पर शिकायत दर्ज कराई। इसके बाद मुरार थाना पुलिस ने मामला दर्ज कर साइबर एक्सपर्ट की मदद से जांच शुरू कर दी है। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि मोबाइल कैसे हैक हुआ और ठगी की रकम किन खातों में ट्रांसफर की गई।
गुरुग्राम में पॉश सोसाइटियों के निवासियों को भी मूलभूत सुविधाओं के लिए संघर्ष करना पड़ रहा है। उद्योग नगरी मानेसर नगर निगम के अंतर्गत आने वाले सेक्टर-82 स्थित वाटिका विला सोसाइटी इसका एक उदाहरण है, जहां करोड़ों रुपए के विला खरीदने वाले लोग बदहाल स्थिति का सामना कर रहे हैं। सोसाइटी के मुख्य प्रवेश मार्ग पर लंबे समय से जलभराव और कीचड़ की गंभीर समस्या बनी हुई है। सड़क पर करीब 2 से 3 फीट तक पानी भरा रहता है, जिससे यह दलदल में बदल गई है। निवासियों को रोजाना इसी रास्ते से गुजरना पड़ता है, जिससे उन्हें भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। स्थानीय निवासियों ने इस समस्या के समाधान के लिए बिल्डर और नगर निगम प्रशासन से कई बार शिकायतें की हैं। हालांकि, उन्हें हर बार केवल आश्वासन मिला है और आज तक कोई स्थायी समाधान नहीं किया गया है, जिससे समस्या जस की तस बनी हुई है। विरोध प्रदर्शन की चेतावनी दी सोसाइटी के लोगों का कहना है कि उन्होंने बेहतर सुविधाओं और सुरक्षित जीवन की उम्मीद में करोड़ों रुपए खर्च कर यहां घर खरीदे थे। लेकिन अब उन्हें पानी से भरी सड़क, कीचड़ और अव्यवस्थित बुनियादी ढांचे का सामना करना पड़ रहा है। बरसात के दिनों में स्थिति और भी गंभीर हो जाती है, जिससे बच्चों, बुजुर्गों और महिलाओं के लिए आवागमन मुश्किल हो जाता है। लोगों ने बिल्डर और नगर निगम प्रशासन से जल्द से जल्द मुख्य सड़क का निर्माण करवाने, जल निकासी की उचित व्यवस्था करने और समस्या का स्थायी समाधान सुनिश्चित करने की मांग की है। उन्होंने चेतावनी दी है कि यदि उनकी मांगों पर शीघ्र कार्रवाई नहीं हुई, तो वे बड़े स्तर पर विरोध प्रदर्शन करने को मजबूर होंगे।
पीलीभीत में सरकारी वाहन के दुरुपयोग का एक बड़ा मामला सामने आया है। सदर तहसीलदार के लिए वैकल्पिक व्यवस्था के तौर पर लाई गई एक इनोवा कार (UP32 GL 2796) विवादों में घिर गई है। इस गाड़ी पर MAGISTRATE का बोर्ड और नीली बत्ती लगी थी, लेकिन इसका इस्तेमाल कथित तौर पर गलत तरीके से किया जा रहा था। रविवार शाम करीब 6 बजे सोशल मीडिया पर एक वीडियो सामने आया, जिसमें यह इनोवा कार सड़ा गांव स्थित एक शराब भट्टी के पास रुकी हुई दिखाई दी। वीडियो में साफ दिख रहा है कि गाड़ी रुकने के बाद दो युवक उसमें आकर बैठते हैं। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, उस समय गाड़ी में कोई भी प्रशासनिक अधिकारी मौजूद नहीं था। बिना अधिकारी के, मजिस्ट्रेट लिखी और नीली बत्ती लगी सरकारी गाड़ी का इस तरह शराब भट्टी पर जाना चर्चा का विषय बन गया है। इस पूरे मामले पर विवाद बढ़ने के बाद सदर तहसीलदार विदेह सिंह ने अपनी सफाई पेश की। उन्होंने बताया कि तहसीलदार कार्यालय की आधिकारिक बोलेरो गाड़ी खराब हो गई थी, जिसके कारण इस इनोवा कार को सिर्फ एक दिन के लिए वैकल्पिक व्यवस्था के तौर पर उपलब्ध कराया गया था। तहसीलदार विदेह सिंह ने आगे कहा कि यदि उनकी अनुपस्थिति में चालक नीली बत्ती लगाकर गाड़ी को कहीं और लेकर गया है और उसका गलत इस्तेमाल हुआ है, तो मामले की जांच कराकर दोषी चालक के खिलाफ सख्त विधिक कार्रवाई की जाएगी।
फतेहाबाद में युवक की संदिग्ध मौत:चारपाई पर पड़ा था शव, मुंह और नाक से निकल रहा था खून
फतेहाबाद जिले के टोहाना खंड के समैण गांव में रविवार को एक 34 वर्षीय युवक संदिग्ध परिस्थितियों में मृत पाया गया। मृतक की पहचान सुरेंद्र कुमार (34) के रूप में हुई है। वह अविवाहित था। सुरेंद्र कुमार अपने घर के कमरे में चारपाई पर मृत अवस्था में मिला। उसके मुंह और नाक से खून निकलने के निशान पाए गए हैं। घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू की। मामले की गंभीरता को देखते हुए सीन ऑफ क्राइम (एफएसएल) टीम को भी बुलाया गया, जिसने घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण कर आवश्यक साक्ष्य जुटाए। मामले की जांच कर रही पुलिस पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए शवगृह में रखवा दिया है। टोहाना सदर थाना प्रभारी साधु राम ने बताया कि सोमवार को पोस्टमार्टम कराया जाएगा। उन्होंने कहा कि परिवारजनों की शिकायत के आधार पर आगामी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। फिलहाल मौत के कारणों का स्पष्ट पता नहीं चल पाया है। पुलिस सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर जांच कर रही है और पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद ही मौत के वास्तविक कारणों का खुलासा हो सकेगा।
लखनऊ विश्वविद्यालय की LLB प्रवेश परीक्षा में अनुचित साधनों के इस्तेमाल का मामला सामने आया है। विश्वविद्यालय के प्रॉक्टोरियल बोर्ड ने स्मार्ट चश्मा पहनकर परीक्षा देने पहुंचे एक अभ्यर्थी समेत दो नकलचियों को पकड़ा है। दोनों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराने के लिए पुलिस को तहरीर दी गई है। स्मार्ट आई-वियर के साथ पकड़ा गया रविवार को विश्वविद्यालय के सेकेंड कैंपस में LLB प्रवेश परीक्षा (सत्र 2026-27) आयोजित की गई। प्रबंधन विज्ञान संस्थान के परीक्षा केंद्र पर सुबह 10:30 से दोपहर 12 बजे की पाली में परीक्षा दे रहे मोहम्मद ताबिश खान को स्मार्ट आई-वियर के साथ पकड़ा गया। कक्ष निरीक्षक ने सुबह करीब 10:45 बजे इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस जब्त कर लिया। परीक्षा केंद्र में इलेक्ट्रॉनिक उपकरण ले जाने पर रोक के बावजूद अभ्यर्थी स्मार्ट चश्मा पहनकर परीक्षा देने पहुंचा था। मोबाइल लेकर पहुंचा था अभ्यर्थी इसी तरह विधि संकाय के परीक्षा केंद्र के कक्ष संख्या 303 में परीक्षा दे रहे योगेंद्र कुमार राज को मोबाइल फोन का इस्तेमाल करते पकड़ा गया। कक्ष निरीक्षक ने परीक्षा समाप्त होने से कुछ समय पहले करीब 11:45 बजे मोबाइल फोन जब्त कर लिया। विश्वविद्यालय प्रशासन ने दोनों मामलों को गंभीरता से लेते हुए थाना जानकीपुरम विस्तार में FIR दर्ज कराने के लिए पत्र भेजा है। अपर कुलानुशासक की ओर से दोनों अभ्यर्थियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई के लिए लिखा गया है। नकल करने वालों के खिलाफ होगा सख्त एक्शन विश्वविद्यालय प्रवक्ता प्रो.मुकुल श्रीवास्तव ने बताया कि परीक्षा में किसी भी तरह की नकल या अनुचित साधनों का इस्तेमाल बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। नियमों का उल्लंघन करने वाले अभ्यर्थियों के खिलाफ आगे भी सख्त कार्रवाई की जाएगी।
कानपुर में चोरी का ऑटो बरामद, चोर गिरफ्तार:चालक की लापरवाही से हुई वारदात, पुलिस ने 5 दिन में पकड़ा
कानपुर के कल्याणपुर पुलिस ने ऑटो चोरी की वारदात का खुलासा करते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर चोरी किया गया ऑटो बरामद कर लिया। चालक की एक छोटी-सी लापरवाही का फायदा उठाकर आरोपी ऑटो लेकर फरार हो गया था। पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज, मुखबिर की सूचना और घेराबंदी के जरिए आरोपी को दबोच लिया। गिरफ्तार आरोपी को न्यायालय में पेश करने के बाद रविवार शाम करीब पांच बजे जेल भेज दिया गया। चाबी लगी देख ऑटो ले उड़ा था शातिर चौबेपुर निवासी समसुद्दीन ऑटो चालक हैं। बीते मंगलवार को वह कल्याणपुर स्थित एक ऑटो एजेंसी में अपने वाहन की आरसी लेने पहुंचे थे। उन्होंने एजेंसी के बाहर ऑटो खड़ा किया। लेकिन जल्दबाजी में चाबी वाहन में ही लगी छोड़ दी। इसी दौरान एक शातिर युवक मौके का फायदा उठाकर ऑटो लेकर फरार हो गया। कुछ देर बाद जब समसुद्दीन बाहर आए तो ऑटो गायब मिला। आसपास काफी तलाश करने के बाद भी वाहन का कोई सुराग नहीं लगा। इसके बाद उन्होंने कल्याणपुर थाने पहुंचकर अज्ञात के खिलाफ चोरी की तहरीर दी। पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर घटनास्थल और आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगालनी शुरू की। जांच के दौरान रविवार को पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली कि चोरी का ऑटो लेकर एक युवक बुद्धा पार्क रोड के पास खड़ा है। सूचना मिलते ही कल्याणपुर थाने का फ़ोर्स मौके पर पहुंचा। पुलिस को देखते ही आरोपी ऑटो लेकर भागने लगा, लेकिन टीम ने घेराबंदी कर उसे कुछ ही दूरी पर दबोच लिया। पूछताछ में आरोपी ने अपना नाम राहुल निवासी रसूलाबाद बताया। उसकी निशानदेही पर चोरी किया गया ऑटो बरामद कर लिया गया। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ विधिक कार्रवाई पूरी करते हुए उसे न्यायालय में पेश किया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया। डीसीपी वेस्ट एस एम क़ासिम अबिदी ने बताया कि शातिर को कैमरो की मदद और मुखबिर की सटीक सूचना पर शातिर को धर दबोचा पकड़ा गया आरोपी शातिर वाहन चोर है। पकड़े गए आरोपी को पुलिस ने रविवार को जेल भेज दिया।
गोरखपुर में हो रही बारिश ने रविवार को शहर की ट्रैफिक व्यवस्था पूरी तरह बिगाड़ दी। सुबह से ही सड़कों पर वाहनों का दबाव बढ़ने लगा और देखते ही देखते शहर के प्रमुख चौराहों और मुख्य मार्गों पर लंबा जाम लग गया। हालात ऐसे रहे कि दो से तीन किलोमीटर का सफर तय करने में भी लोगों को एक से डेढ़ घंटे तक का समय लग गया। देर शाम तक ट्रैफिक सामान्य नहीं हो सका और हजारों लोग सड़क पर ही फंसे रहे। बारिश के कारण कई सड़कों पर पानी भर गया। जलभराव की वजह से वाहन चालकों को बहुत धीमी गति से चलना पड़ा। जगह-जगह पानी जमा होने से गड्ढे दिखाई नहीं दे रहे थे, इसलिए लोग सावधानी से वाहन चला रहे थे। कई दोपहिया वाहन पानी में बंद हो गए, जबकि कुछ चारपहिया वाहन भी बीच सड़क पर खराब हो गए। इससे पहले से लगे जाम की स्थिति और गंभीर हो गई। शहर के इन इलाकों में सबसे ज्यादा रही परेशानी सबसे अधिक ट्रैफिक जाम गोलघर, कचहरी चौराहा, विजय चौक, मोहद्दीपुर, असुरन, धर्मशाला बाजार, पैडलेगंज, नौसढ़, रेलवे स्टेशन रोड, मेडिकल कॉलेज रोड, शास्त्री चौक, अंबेडकर चौराहा, टीपी नगर, बशारतपुर, रुस्तमपुर, इंजीनियरिंग कॉलेज चौराहा, यूनिवर्सिटी चौराहा, गोरखनाथ, चरगांवा रोड और रामगढ़ताल क्षेत्र में देखने को मिला। कई जगह चारों दिशाओं से आने वाले वाहन एक-दूसरे के सामने फंस गए, जिससे ट्रैफिक काफी देर तक रुका रहा। ऑफिस, बाजार और अस्पताल जाने वाले सबसे ज्यादा परेशान जाम का सबसे ज्यादा असर नौकरीपेशा लोगों, व्यापारियों, मरीजों, छात्रों और दूसरे जिलों से आने-जाने वाले यात्रियों पर पड़ा। कई कर्मचारी समय पर अपने कार्यालय नहीं पहुंच सके। अस्पताल जाने वाले मरीजों और उनके परिजनों को भी काफी परेशानी उठानी पड़ी। बाजारों में खरीदारी के लिए निकले लोग भी लंबे समय तक वाहनों में फंसे रहे। कई एंबुलेंस को भी जाम के बीच धीरे-धीरे रास्ता बनाकर निकलना पड़ा। शाम के समय हालात और बिगड़ेदोपहर बाद बारिश का दौर तेज होने और शाम को दफ्तरों की छुट्टी होने के बाद ट्रैफिक का दबाव अचानक बढ़ गया। गोलघर, कचहरी, मोहद्दीपुर, असुरन, नौसढ़ और रेलवे स्टेशन के आसपास जाम की स्थिति सबसे ज्यादा गंभीर रही। कई लोग मुख्य सड़क छोड़कर गलियों से निकलने की कोशिश करते रहे, लेकिन वहां भी वाहनों की लंबी कतारें लग गईं। बारिश के बीच ट्रैफिक पुलिस और स्थानीय पुलिसकर्मी दिनभर प्रमुख चौराहों पर तैनात रहे। पुलिसकर्मी पानी में खड़े होकर वाहनों को निकालने की कोशिश करते रहे, लेकिन लगातार बढ़ते ट्रैफिक और जलभराव के कारण व्यवस्था पूरी तरह सामान्य नहीं हो सकी। देर शाम तक कई प्रमुख मार्गों पर वाहन रुक-रुककर चलते रहे। बारिश से राहत भी, परेशानी भीलगातार हो रही बारिश से लोगों को गर्मी और उमस से राहत जरूर मिली है, लेकिन इसके साथ ही शहर की ट्रैफिक व्यवस्था और जलनिकासी की चुनौतियां भी सामने आ गई हैं। मौसम विभाग के अनुसार अगले दो दिनों तक बारिश जारी रहने की संभावना है। ऐसे में यदि जलभराव वाले इलाकों से जल्द पानी नहीं निकाला गया और ट्रैफिक प्रबंधन को मजबूत नहीं किया गया, तो आने वाले दिनों में भी शहरवासियों को इसी तरह जाम और परेशानी का सामना करना पड़ सकता है।
कोरबा में रविवार को कांग्रेस नेताओं ने प्रेस वार्ता कर भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) पर गंभीर आरोप लगाए। नेताओं ने कहा कि भाजपा भगवान श्रीराम के नाम पर राजनीति करती है। साथ ही अयोध्या राम मंदिर निर्माण और मंदिर के चढ़ावे में वित्तीय अनियमितताओं के आरोप लगाते हुए मामले की जांच की मांग की। 'राम के नाम पर राजनीति करती है भाजपा' पूर्व विधायक जयसिंह अग्रवाल ने कहा कि भाजपा ने पूरे देश में भगवान श्रीराम के नाम पर राजनीति की है। उनका आरोप है कि भाजपा धर्म और जाति के नाम पर लोगों को बांटने का काम करती है। चुनाव के समय भाजपा नेता राम के नाम पर वोट मांगते हैं और राम मंदिर निर्माण को अपनी सबसे बड़ी उपलब्धि बताते हैं। 'भगवान राम सबके हैं' जयसिंह अग्रवाल ने कहा कि भगवान श्रीराम किसी एक दल के नहीं, बल्कि सभी श्रद्धालुओं के हैं। उन्होंने कहा कि करोड़ों लोगों ने आस्था के साथ अयोध्या राम मंदिर में चढ़ावा दिया, जिससे मंदिर का निर्माण हुआ है। जमीन खरीद में भ्रष्टाचार का आरोप कांग्रेस नेताओं ने आरोप लगाया कि अयोध्या में राम मंदिर निर्माण शुरू होने से पहले जमीन खरीद में करोड़ों रुपये का भ्रष्टाचार हुआ। जयसिंह अग्रवाल ने कहा कि उस समय जमीन खरीद में गड़बड़ी के आरोप उठे थे, लेकिन मंदिर निर्माण के दौरान यह मामला दब गया। चढ़ावे में अनियमितता का दावा कांग्रेस नेताओं ने दावा किया कि अब मंदिर में मिले चढ़ावे के उपयोग को लेकर भी वित्तीय अनियमितताओं और गबन के आरोप सामने आ रहे हैं। उन्होंने कहा कि इससे लोगों की आस्था जुड़ी हुई है, इसलिए पूरे मामले की पारदर्शी जांच होनी चाहिए। भाजपा से मांगा जवाब कांग्रेस नेताओं ने भाजपा से इन आरोपों पर जवाब देने की मांग की। उन्होंने कहा कि जनता की आस्था से जुड़े मामलों में किसी भी तरह की गड़बड़ी बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
1090 पर शिकायत के बाद भी उत्पीड़न जारी:कानपुर में महिला को अश्लील तस्वीरें भेजने वाले पर FIR दर्ज
कानपुर के कल्याणपुर थाना क्षेत्र में एक महिला को लंबे समय तक अश्लील संदेश, आपत्तिजनक तस्वीरें और धमकियां भेजकर परेशान करने का मामला सामने आया है। पीड़िता का आरोप है कि 1090 महिला हेल्पलाइन पर शिकायत दर्ज कराने के बाद भी आरोपी अपनी हरकतों से बाज नहीं आया। वह अलग-अलग मोबाइल नंबरों से व्हाट्सएप, एसएमएस और कॉल कर अश्लील संदेश भेजता रहा। विरोध करने पर दुष्कर्म कराने की धमकी भी दी। पुलिस ने पीड़िता की तहरीर पर रविवार दोपहर करीब 3 बजे मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। शिकायत के बाद भी नहीं माना आरोपी करता रहा अश्लील मैसेज पीड़िता के अनुसार आरोपी काफी समय से व्हाट्सएप, एसएमएस और व्हाट्सएप कॉल के जरिए उसे परेशान कर रहा था। शुरुआत में उसने इन हरकतों को नजरअंदाज किया, लेकिन बाद में आरोपी ने अश्लील और आपत्तिजनक संदेशों के साथ बेहद अश्लील तस्वीरें भेजनी शुरू कर दीं। जब उसने इसका विरोध किया तो आरोपी ने दुष्कर्म कराने की धमकी दी, जिससे वह दहशत में आ गई। महिला का कहना है कि लगातार हो रहे उत्पीड़न से परेशान होकर उसने 25 जून को 1090 महिला हेल्पलाइन पर शिकायत दर्ज कराई थी। इसके बावजूद आरोपी ने अलग-अलग मोबाइल नंबरों का इस्तेमाल कर अश्लील संदेश भेजना और धमकियां देना जारी रखा। आखिरकार उसने कल्याणपुर थाने में तहरीर देकर कार्रवाई की मांग की। थाना प्रभारी कल्याणपुर केशव तिवारी ने बताया कि महिला की शिकायत के आधार पर मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। मामले की जांच की जा रही है। पुलिस मोबाइल नंबरों की जांच की जा रही है।जल्द ही पुलिस आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेजेगी
महोबा में फर्जी इंस्टाग्राम आईडी बनाकर बदनाम करने और शादी का दबाव बनाने के कारण एक युवती ने आत्महत्या कर ली थी। न्यायालय के आदेश पर पुलिस ने आरोपी युवक के खिलाफ आत्महत्या के लिए उकसाने का मामला दर्ज किया है। पुलिस मामले की जांच कर रही है। कोतवाली क्षेत्र के एक गांव की निवासी महिला ने बताया कि उनकी बड़ी बेटी की शादी हरियाणा के सोनीपत में हुई है। छह महीने पहले दामाद के साथ एक युवक उनके घर आया था। इस दौरान उसने उनकी छोटी बेटी का मोबाइल नंबर ले लिया और कुछ तस्वीरें भी खींच लीं। बाद में, उस युवक ने बेटी के नाम से एक फर्जी इंस्टाग्राम आईडी बनाई और उस पर आपत्तिजनक पोस्ट करने लगा। वह युवती पर शादी का दबाव भी बना रहा था। उसने धमकी दी थी कि यदि युवती ने उससे शादी नहीं की, तो वह उसकी अश्लील वीडियो और तस्वीरें पोस्ट कर उसे बदनाम कर देगा। बदनामी के डर से युवती ने 14 मार्च 2026 की रात घर पर फंदा लगाकर आत्महत्या कर ली थी। मां का आरोप है कि बेटी के मोबाइल में आरोपी के साथ हुई अंतिम बातचीत की रिकॉर्डिंग मिली हैं, जिससे पता चलता है कि उसने आरोपी की प्रताड़ना और बदनामी के डर से यह कदम उठाया था। पीड़िता की मां ने पहले पुलिस से शिकायत की थी, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। इसके बाद उन्होंने न्यायालय का सहारा लिया। न्यायालय के आदेश पर आरोपी विनय शर्मा, निवासी सोनीपत, हरियाणा के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई है।
दमोह-जबलपुर स्टेट हाईवे पर रविवार शाम को जबेरा थाना इलाके के सिग्रामपुर के पास एक बड़ा हादसा होते-होते टल गया। यहां सवारियों से भरी एक बस अचानक बेकाबू होकर सड़क किनारे धंस गई। यह वाकया दानीताल पुलिया के पास सामने से आ रही एक गाड़ी को रास्ता देने के चक्कर में हुआ। राहत की बात यह रही कि बस में बैठे सभी यात्री पूरी तरह सुरक्षित हैं और किसी को चोट नहीं आई। जानकारी के मुताबिक, दमोह से जबलपुर जा रही तिवारी ट्रेवल्स की बस दानीताल पुलिया के पास सामने से आ रहे एक वाहन को साइड दे रही थी। इसी दौरान सड़क किनारे की कच्ची मिट्टी अचानक धंस गई, जिससे बस के आगे के पहिए मिट्टी में फंस गए और बस एक तरफ झुक गई। बस के झुकते ही सवारियों में हड़कंप मच गया। ड्राइवर की सूझबूझ से टला बड़ा हादसा बस के ड्राइवर ने तुरंत दिमाग लगाया और गाड़ी को वहीं रोक लिया, जिससे बस आगे पेड़ों से टकराने से बच गई। अगर बस समय पर नहीं रुकती तो बड़ा हादसा हो सकता था, क्योंकि आगे घना जंगल था। इसके बाद सभी सवारियों को सुरक्षित बाहर निकाला गया। पुलिस ने संभाला मोर्चा, दूसरी बस से भेजे गए यात्री घटना की खबर मिलते ही सिंग्रामपुर पुलिस चौकी की टीम तुरंत मौके पर पहुंची और हालात को संभाला। पुलिस की देखरेख में सभी यात्रियों को बस से बाहर निकाला गया। इस हादसे की वजह से कुछ देर के लिए हाईवे पर जाम जैसी स्थिति बन गई थी, जिसे बाद में पुलिस ने साफ कराया। सभी यात्रियों को दूसरी बस का इंतजाम करके दमोह भिजवाया गया। सिंग्रामपुर चौकी में तैनात प्रधान आरक्षक रणधीर सिंह ने बताया कि इस घटना में कोई भी घायल नहीं हुआ है। सभी यात्री सुरक्षित हैं और आगे की कार्रवाई की जा रही है। हालांकि, इस घटना ने एक बार फिर हाईवे किनारे की कमजोर पट्टियों और पुलिया के पास सुरक्षा के इंतजामों पर सवाल उठा दिए हैं।
भूमि संबंधी समस्या को लेकर सकलडीहा तहसील परिसर में आमरण अनशन पर बैठे नायब तहसीलदार हिम्मत बहादुर ने 26 घंटे बाद रविवार दोपहर अनशन समाप्त कर दिया। एसडीएम आकांक्षा सिंह के निर्देश पर तहसीलदार अनुराग सिंह ने लंबित भूमि रिपोर्ट भेजने का आश्वासन दिया, जिसके बाद नायब तहसीलदार ने आंदोलन खत्म किया। शनिवार सुबह से तहसील परिसर में बैठे थे अनशन पर सदर कोतवाली क्षेत्र के नवही गांव निवासी हिम्मत बहादुर वर्तमान में हमीरपुर जिले की सदर तहसील में नायब तहसीलदार पद पर तैनात हैं। भूमि संबंधी समस्या के समाधान की मांग को लेकर वह शनिवार सुबह करीब 10 बजे सकलडीहा तहसील परिसर में आमरण अनशन पर बैठ गए थे। उन्होंने आरोप लगाया था कि उनकी भूमि से जुड़ी पत्रावली लंबे समय से लंबित है और शिकायतों के बावजूद राजस्व विभाग की ओर से कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई। सवा दो बिस्वा जमीन को लेकर चल रहा विवाद हिम्मत बहादुर के अनुसार, उन्होंने मार्च 2025 में मिलजुला आराजी नंबर 344 मी में सवा दो बिस्वा जमीन की रजिस्ट्री कराई थी। इस भूमि में कुल 18 लोगों के नाम दर्ज हैं। उन्होंने जुलाई 2025 में विभाजन अंश के लिए धारा 30(2) के तहत नख्सा तरबीन की कार्रवाई के लिए जिलाधिकारी के समक्ष आवेदन किया था। उनका कहना है कि यह पत्रावली पिछले एक साल से सकलडीहा तहसील में संबंधित लेखपाल के पास लंबित पड़ी है। राजस्व अधिकारियों पर लगाए लापरवाही के आरोप नायब तहसीलदार का आरोप है कि कई बार लिखित और मौखिक शिकायत करने के बाद भी उनकी समस्या का समाधान नहीं किया गया। उन्होंने आरोप लगाया कि राजस्व अधिकारियों की मिलीभगत से 7 जुलाई 2026 से उक्त भूमि पर कब्जे का प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने क्षेत्रीय कानूनगो और लेखपाल से भी शिकायत की, लेकिन कार्रवाई न होने पर उन्हें मजबूर होकर आमरण अनशन का रास्ता अपनाना पड़ा। पूरी रात अंधेरे में गुजारी, प्रशासन में मची हलचल अनशन के दौरान हिम्मत बहादुर ने शनिवार की पूरी रात तहसील परिसर में बिताई। उनके आंदोलन की जानकारी मिलने के बाद प्रशासनिक अधिकारियों में हलचल बढ़ गई। रविवार दोपहर तहसीलदार अनुराग सिंह राजस्व अधिकारियों के साथ मौके पर पहुंचे और नायब तहसीलदार से बातचीत की। तहसीलदार ने मौके पर पहुंचकर किया निरीक्षण तहसीलदार अनुराग सिंह ने राजस्व टीम के साथ संबंधित भूमि का निरीक्षण किया। उन्होंने लंबित रिपोर्ट को जिला प्रशासन के माध्यम से भेजने का आश्वासन दिया। आश्वासन मिलने के बाद हिम्मत बहादुर ने अनशन समाप्त किया और प्रशासन की पहल पर संतोष जताया। अधिकारियों की मौजूदगी में खत्म हुआ आंदोलन तहसीलदार अनुराग सिंह ने बताया कि लंबित भूमि रिपोर्ट को जिला प्रशासन के माध्यम से भेजने का आश्वासन देकर नायब तहसीलदार का आमरण अनशन समाप्त कराया गया है। इस दौरान नायब तहसीलदार राजेंद्र प्रसाद, कानूनगो अखिलेश मिश्रा, लेखपाल सुशील सिंह, अखिलेश यादव, सुनील यादव और मिथिलेश सहित अन्य राजस्वकर्मी मौजूद रहे।
गोंडा में में 45 साल के ग्रामीण की रविवार शाम करीब छह बजे गोंडा के एक निजी अस्पताल में मौत हो गई। आर्थिक तंगी के कारण परिजनों ने गांव वालों से चंदा इकट्ठा कर इलाज, कफन और पोस्टमार्टम की व्यवस्था की। बेटी ने गांव के ही ओमप्रकाश नामक व्यक्ति पर पिता पुत्तन की हत्या का आरोप लगाया है। पुलिस का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। बेटी का आरोप है कि 9 दिन पहले शाम करीब सात बजे ओमप्रकाश उनके घर आया। उनके पिता को मोटरसाइकिल से अपने साथ ले गया। आरोप है कि वहां उन्हें शराब पिलाई गई और मारपीट की गई। इसके बाद घटना को सड़क हादसा दिखाने का प्रयास किया गया। मामला करनैलगंज कोतवाली क्षेत्र के बरबटपुर गांव का है। रात में मिली हादसे की सूचना बेटी के मुताबिक, उसी रात करीब 12 बजे फोन पर पिता के सड़क हादसे में घायल होने की सूचना मिली। अगले दिन जानकारी करने पर संतोषजनक जवाब नहीं मिला। बाद में पता चला कि पुत्तन को गोंडा जिला अस्पताल में लावारिस हालत में भर्ती कराया गया था। गंभीर हालत होने पर उन्हें लखनऊ ट्रॉमा सेंटर रेफर किया गया, लेकिन वहां से वापस भेज दिया गया। गांव वालों ने चंदा जुटाकर कराया इलाज परिजनों ने पुत्तन को घर लाने के बाद गांव वालों की मदद से चंदा इकट्ठा किया और पांच दिन पहले उन्हें आर.एन. पांडे अस्पताल में भर्ती कराया। अस्पताल प्रबंधन ने उपचार के दौरान 25 हजार रुपये का बिल भी माफ कर दिया। इसके बावजूद रविवार शाम इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। भाई बोला- पुरानी रंजिश में मारपीट की गई मृतक के भाई पवन कुमार ने आरोप लगाया कि पुरानी रंजिश के चलते उनके भाई को घर से बुलाकर ले जाया गया और मारपीट की गई। उन्होंने दावा किया कि बाद में इसे सड़क दुर्घटना का रूप देने की कोशिश की गई। पवन कुमार ने बताया कि मृतक के परिवार में पत्नी, तीन साल का बेटा और पांच बेटियां हैं। अब बड़ी बेटी ही पूरे परिवार का सहारा है। परिजनों का कहना है कि उन्होंने 14 जुलाई को ही पूरे मामले की शिकायत पुलिस अधीक्षक गोंडा से की थी। अब पुत्तन की मौत के बाद उन्होंने आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है। पुलिस बोली- सभी पहलुओं की जांच जारी करनैलगंज कोतवाली प्रभारी नरेंद्र प्रताप राय ने बताया कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद मौत का कारण स्पष्ट होगा। परिजनों की तहरीर के आधार पर सभी बिंदुओं पर जांच की जा रही है। जांच में जो तथ्य सामने आएंगे, उनके आधार पर आगे की विधिक कार्रवाई की जाएगी।
कानपुर के कल्याणपुर ब्लॉक स्थित भिसार गांव के श्री राधाकृष्ण विराजमान मंदिर परिसर में रविवार को विधायक अभिजीत सिंह सांगा ने पर्यटन विभाग की 1.80 करोड़ रुपये की विकास परियोजनाओं का शिलान्यास किया। योजना के तहत श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए अतिथि गृह, स्नानगृह, शौचालय, पेयजल और सौर ऊर्जा आधारित सुविधाएं विकसित की जाएंगी। परियोजना के तहत मंदिर परिसर में आने वाले श्रद्धालुओं और पर्यटकों के लिए अतिथि गृह, स्नानगृह, शौचालय, स्वच्छ पेयजल व्यवस्था तथा सौर ऊर्जा आधारित सुविधाओं का निर्माण कराया जाएगा। इसका उद्देश्य मंदिर परिसर में मूलभूत सुविधाओं को बेहतर बनाना और धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा देना है। विधायक बोले- धार्मिक पर्यटन को मिलेगी नई पहचान शिलान्यास कार्यक्रम को संबोधित करते हुए विधायक अभिजीत सिंह सांगा ने कहा कि प्रदेश सरकार धार्मिक और पर्यटन स्थलों के समग्र विकास के लिए लगातार कार्य कर रही है। उन्होंने कहा कि आधुनिक सुविधाएं विकसित होने से श्रद्धालुओं को बेहतर व्यवस्थाएं मिलेंगी और क्षेत्र में धार्मिक पर्यटन को नई गति मिलेगी। साथ ही स्थानीय लोगों के लिए रोजगार और आर्थिक गतिविधियों के अवसर भी बढ़ेंगे। श्रद्धालुओं को मिलेगी बेहतर सुविधा विधायक ने कहा कि अतिथि गृह बनने से बाहर से आने वाले श्रद्धालुओं के ठहरने की सुविधा मिलेगी। वहीं स्नानगृह, शौचालय और स्वच्छ पेयजल की व्यवस्था से मंदिर परिसर अधिक व्यवस्थित और सुविधाजनक बनेगा। सौर ऊर्जा आधारित व्यवस्था से ऊर्जा संरक्षण और पर्यावरण संरक्षण को भी बढ़ावा मिलेगा। पूजा-अर्चना के साथ हुआ शुभारंभ कार्यक्रम की शुरुआत मंदिर परिसर में विधिवत पूजा-अर्चना के साथ हुई। इसके बाद विकास कार्यों का शिलान्यास किया गया। स्थानीय लोगों और श्रद्धालुओं ने इस पहल का स्वागत करते हुए इसे क्षेत्र के धार्मिक और पर्यटन विकास की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बताया। कार्यक्रम में मंदिर के महंत सुधीर कुमार उर्फ झाला महाराज, संदीप सिंह, अवधेश सिंह, उमाकांत शुक्ला, कमलेश शुक्ला, ओम प्रकाश शर्मा, शिववरण कुशवाहा, रामऔतार कुरील, नरेश तिवारी सहित बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि, गणमान्य नागरिक और श्रद्धालु मौजूद रहे।
संभल के हजरतनगर गढ़ी थाने में रविवार शाम किन्नरों के दो गुटों के बीच बधाई क्षेत्र के विवाद को लेकर जमकर हंगामा हुआ। पुलिस द्वारा बातचीत के लिए बुलाए जाने के बाद एक किन्नर ने थाने के अंदर नग्न होकर प्रदर्शन किया, जिससे स्थिति तनावपूर्ण हो गई। यह विवाद बधाई क्षेत्र के बंटवारे को लेकर पिछले चार-पांच सालों से चल रहा है। पुलिस ने 18 दिन पहले एक पक्ष की शिकायत पर दूसरे पक्ष के खिलाफ मारपीट का मामला दर्ज किया था। इसी मामले में दोनों पक्षों को रविवार शाम 4 बजे थाने बुलाया गया था। लगभग एक घंटे की बातचीत के बाद, आरोपी किन्नर पक्ष ने हंगामा शुरू कर दिया। वे पहले थाने से बाहर चले गए, लेकिन करीब सवा घंटे बाद शाम 6 बजे वापस लौटे और फिर से प्रदर्शन करने लगे। इस दौरान एक किन्नर ने थाने परिसर के अंदर नग्न होकर हंगामा किया। यह प्रदर्शन करीब 40 मिनट तक चला। यह घटना तहसील संभल के थाना हजरतनगर गढ़ी परिसर की है। मुरादाबाद के मैनाठेर क्षेत्र की नगर पंचायत महमूदपुर माफी निवासी किन्नर बबली और मुमताज उर्फ यूनुस के बीच लंबे समय से विवाद है। 1 जुलाई को किन्नर बबली की शिकायत पर किन्नर मुमताज उर्फ यूनुस, मोहिनी और सलीम के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई थी। बबली किन्नर की शिकायत पर मुमताज पक्ष के लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई थी। आज उन्हें बातचीत के लिए बुलाया गया था, इसी दौरान मुमताज पक्ष ने हंगामा शुरू कर दिया। घटना का वीडियो भी सामने आया है। थाना प्रभारी संजय कुमार ने बताया कि दोनों पक्षों के बीच बधाई क्षेत्र को लेकर विवाद है। किन्नर बबली ने बताया कि किन्नर मुमताज पर हत्या एवं अन्य मुकदमे भी दर्ज हैं। गांव बराही में किन्नर मुमताज ने अफवाह फैलाते हुए कहा कि किन्नर बबली की सड़क हादसे में मौत हो गई है। मेरे द्वारा पुलिस को शिकायत देकर मानसिक एवं शारीरिक शोषण कर मारपीट करने का आरोप लगाया गया था।
शुक्रवार की भोर में हुई भारी वर्षा से इस कदर जलभराव हुआ कि रविवार को भी टीमें पानी निकालने में जुटी रहीं। इधर पैडलेगंज के पास पुलिया में लगी जाली निकालने के बाद प्लास्टिक कचरा एवं मलबा तेजी से रामगढ़ताल में जमा हो रहा है। लगभग एक दर्जन मोहल्लों में जलनिकासी के लिए इस जाली को निकालना पड़ा था। ताल को साफ करने के लिए गोरखपुर विकास प्राधिकरण (GDA) के उपाध्यक्ष अभिनव गोपाल ने 100 श्रमिक व 15 नावें लगाई हैं। ताल से कचरा निकालकर ये श्रमिक सफाई में जुटे हैं। अब पैडलेगंज में बनी पुलिया के नीचे गेटनुमा जाली लगाएगा। जिससे जरूरत पड़ने पर उसे खोला जा सके।इसके साथ ही फ्लोटिग वेटलैंड, ट्रैश बैरियर आदि भी वहां लगाए जाएंगे। जिससे भविष्य में बारिश के दौरान भी जल निकासी प्रभावित न हो और ताल भी पूरी तरह से स्वच्छ रहे। प्राधिकरण की ओर से 4 महीने पहले पैडलेगंज पुलिया के नीचे एसएस स्ट्रक्चर के साथ एसएस जाली लगाई गई थी। इस जाली की मदद से नाले के पानी के साथ आने वाले मलबे को रोकने में सफलता मिल रही थी। लेकिन दो दिनों में हुई भारी वर्षा के कारण शहर में जलभराव की थ्सिति पैदा हो गई, जिससे जनहित में जाली हटानी पड़ी। जाली हटाने के बाद ही ताल में प्लास्टिक व मलबा जमा होना शुरू हो गया। इस स्थिति को देखते हुए सफाई शुरू करा दी गई है। सफाई का काम युद्धस्तर पर चल रहा है। ताल में आए मलबे को निकाला जा रहा है। 24 घंटे होगी सफाई की निगरानीरामगढ़ताल की बेहतरीन तरीके से सफाई करने के लिए 24 घंटे निगरानी की व्यवस्था बनाई गई है। 5 महत्वपूर्ण स्थानों पर 5 अवर अभियंता, 10 टेक्नीशियनों की ड्यूटी लगाई गई है। इसके साथ ही विशेष कार्याधिकारी, प्रभारी मुख्य अभियंता किशन सिंह, अधिशासी अभियंता, सहायक अभियंता द्वारा भी लगातार निगरानी की जा रही है। जलनिकासी के लिए GDA ने 5 टीमें लगाईंतारामंडल क्षेत्र में जलनिकासी के लिए GDA की ओर से 5 विशेष टीमें गई हैं। इन टीमों के द्वारा पंपसेट के माध्यम से जलनिकासी कराई जा रही है। अधिशासी अभियंता, सहायक अभियंता, अवर अभियंता तथा विशेषज्ञ टेक्नीशियन एवं सुपरवाइजर इन टीमों में शामिल हैं। इन क्षेत्रों से कराई जा रही जलनिकासी विशेष अभियान के तहत प्राधिकरण के ग्रीनवुड के सामने के क्षेत्र, चंपा देवी पार्क के आसपास के क्षेत्र, लेक व्यू आवासीय योजना, गौतम विहार एवं सिद्धार्थपुरम कॉलोनी, बुद्ध विहार कॉलोनी और फरसहिया ताल इत्यादि क्षेत्रों में निरंतर जल निकासी की जा रही है। जल निकासी के कार्य में तेजी लाने के लिए प्राधिकरण द्वारा आवश्यकतानुसार भारी मशीनरी और जनशक्ति को मैदान में उतारा गया है, जिसमें पोकलेन मशीनें,7 ट्रॉली पम्प, 2 सीवर सक्शन मशीनें, जेसीबी (JCB) एवं पर्याप्त संख्या में लगभग 100 लेबर मुस्तैदी से लगे हुए है।
मिर्जापुर में 404 गांव बाढ़ संवेदनशील चिन्हित:SDRF और PAC तैनात, प्रशासन ने तेज की राहत की तैयारी
मिर्जापुर में संभावित बाढ़ के मद्देनजर जिला प्रशासन ने राहत और बचाव की तैयारियां तेज कर दी हैं। जिलाधिकारी पवन कुमार गंगवार के निर्देश पर अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व विनोद कुमार सिंह के मार्गदर्शन में बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों के लिए तहसील सदर और चुनार में एसडीआरएफ और पीएसी की टीमें तैनात की गई हैं। प्रशासन ने पिछले वर्षों के बाढ़ के आंकड़ों के आधार पर जनपद के 404 गांवों को बाढ़ के प्रति संवेदनशील चिन्हित किया है। इनमें सदर तहसील के 220 और चुनार तहसील के 184 गांव शामिल हैं। इसी क्रम में रविवार को तहसील चुनार में तैनात पीएसी ने बालू घाट, चुनार पर राहत एवं बचाव कार्यों का मॉक ड्रिल आयोजित किया। उपजिलाधिकारी अनेग सिंह की उपस्थिति में हुए इस अभ्यास में जवानों ने उपलब्ध संसाधनों का परीक्षण किया और बाढ़ के दौरान बचाव अभियान की विभिन्न तकनीकों का अभ्यास किया। इस मॉक ड्रिल में जनपद के आपदा मित्रों ने भी सक्रिय भागीदारी निभाई। जिला प्रशासन ने बताया कि संभावित बाढ़ की स्थिति में किसी भी आपदा से प्रभावी ढंग से निपटने के लिए सभी आवश्यक तैयारियां पूरी की जा रही हैं।
एनसीसी कैडेट्स ने दिया ट्रैफिक पुलिस का साथ:ट्रेनिंग के बाद चौराहों पर संभाली ट्रैफिक व्यवस्था
सड़क सुरक्षा और यातायात प्रबंधन, यातायात नियमों के प्रति लोगों में जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से रविवार को इंदौर ट्रैफिक पुलिस ने एनसीसी कैडेट्स के साथ विशेष जागरूकता अभियान चलाया। इस दौरान एडिशनल डीसीपी विक्रम सिंह रघुवंशी के नेतृत्व में 1 एसपी गर्ल्स बटालियन की एनसीसी कैडेट्स व स्टाफ ने शाम 4 बजे से रात 7 बजे तक शहर के प्रमुख चौराहों पर ट्रैफिक संभाला। इसमें मुख्य रूप से व्हाइट चर्च चौराहा, पलासिया चौराहा, गिटार तिराहा, एलआईजी चौराहा, रसोमा चौराहा व विजय नगर चौराहे पर ट्रैफिक पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों की उपस्थिति में ट्रैफिक संभाला और सड़क सुरक्षा जागरूकता एक्टिविटि में ट्रैफिक पुलिस का सहयोग किया। पहले ट्रैनिंग दी, फिर चौराहे पर संभाली व्यवस्था इस दौरान एनसीसी कैडेट्स को ट्रैफिक संचालन के संकेत, सावधानियां आदि की ट्रेनिंग भी दी गई। इसके बाद चौराहों पर ट्रैफिक संकेतों का पालन करने, रेड लाइट जंप न करने, गलत दिशा में वाहन नहीं चलाने और सड़क सुरक्षा नियमों का पालन करने के लिए प्रेरित किया। ट्रैफिक पुलिस के साथ एनसीसी की विभिन्न इकाई आगे भी ट्रैफिक प्रबंधन और जागरूकता में अपना योगदान देंगी।
मंदसौर के अंबाबाड़ी क्षेत्र में भाजपा मंडल मीडिया प्रभारी के घर चोरी का प्रयास किया गया। यह घटना शनिवार-रविवार की दरमियानी रात करीब 2 बजे हुई, जब एक बदमाश पाइप के सहारे मकान में घुसा। घर में आहट होने पर बदमाश भागने लगा। इसी दौरान वह जिस पाइप के सहारे ऊपर चढ़ा था, वह टूट गया और बदमाश नीचे खड़ी कार पर जा गिरा। यह पूरी वारदात घर के बाहर लगे सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गई। सीसीटीवी फुटेज में साफ दिख रहा है कि भागने के प्रयास में चोर का संतुलन बिगड़ा और वह सीधे कार की छत पर गिरा। इस हादसे में कार की विंडशील्ड और अन्य हिस्से क्षतिग्रस्त हो गए। हालांकि, चोर को कोई गंभीर चोट नहीं आई और वह घटना स्थल से फरार हो गया। तीन तस्वीरों में देखिए घटना… परिवार घर के पिछले हिस्से मे सो रहा थामकान मालिक और भाजपा मंडल मीडिया प्रभारी पंकज जोशी ने बताया कि घटना के समय उनका परिवार घर के पिछले हिस्से में सो रहा था। बदमाश छत के रास्ते घर में घुसा और कमरों में रखी अलमारियों को खंगाला। उसे कोई कीमती सामान नहीं मिला, जिसके बाद वह खिड़की के रास्ते बाहर निकलने लगा। जैसे ही उसने पाइप पर पैर रखा, वह टूट गया और चोर नीचे खड़ी कार पर गिर गया। पास के मकान में भी चोरी की कोशिश कीपंकज जोशी के मुताबिक, कार पर गिरने के बाद बदमाश मौके से भाग गया था। हालांकि, लगभग 15 से 20 मिनट बाद वह फिर उसी इलाके में लौटा और पीछे स्थित एक अन्य मकान में घुसने का प्रयास किया। स्थानीय निवासियों ने बताया कि बदमाश करीब आधे घंटे तक क्षेत्र में घूमता रहा। लोगों को आशंका है कि आरोपी आसपास का ही रहने वाला हो सकता है, क्योंकि उसे इलाके की पूरी जानकारी थी और वह एक के बाद एक मकानों में घुसने की कोशिश कर रहा था। इस घटना का सीसीटीवी फुटेज सामने आने के बाद मकान मालिक और स्थानीय लोगों ने आरोपी की जल्द पहचान कर गिरफ्तारी की मांग की है। पुलिस ने मामले की जानकारी ली है और सीसीटीवी फुटेज के आधार पर जांच शुरू कर दी है। पुलिस का कहना है कि फुटेज के आधार पर आरोपी की तलाश की जा रही है और जल्द ही उसे गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
चंदौली जिले के रहने वाले अंतरराष्ट्रीय ओलंपियन खिलाड़ी शिवपाल सिंह को जेल भेजे जाने का मामला तूल पकड़ने के बाद पुलिस अधिकारियों ने बचाव में मोर्चा संभाल लिया है। रविवार शाम अपर पुलिस अधीक्षक (एएसपी) अनंत चंद्रशेखर ने पूरे प्रकरण पर बयान जारी कर पुलिस का पक्ष रखा। एएसपी ने बताया कि 21 जुलाई को बलुआ थाना क्षेत्र में कुछ लोगों द्वारा एक व्यापारी के साथ मारपीट, चेन छीनने और अवैध असलहे का प्रदर्शन करने की घटना सामने आई थी। इस मामले में मुकदमा दर्ज कर आरोपी शिवपाल सिंह, नंदकिशोर सिंह और सुधांशु सिंह उर्फ छोटू को गिरफ्तार कर जेल भेजा गया। उन्होंने कहा कि इसके बाद सोशल मीडिया और अन्य माध्यमों से यह प्रचारित किया गया कि ओलंपियन शिवपाल सिंह के खिलाफ गलत तरीके से कार्रवाई की गई है। जबकि घटनास्थल के सीसीटीवी फुटेज में शिवपाल सिंह, उनके भाई नंदकिशोर सिंह और अन्य साथियों के साथ एक व्यापारी की पिटाई करते हुए स्पष्ट रूप से दिखाई दे रहे हैं। एएसपी के अनुसार, घटना के दौरान शिवपाल सिंह के भाई नंदकिशोर सिंह के पास अवैध असलहा था, जिसका उल्लेख एफआईआर में भी किया गया है। आरोप है कि उसने असलहा लहराकर क्षेत्र में भय और आतंक का माहौल बनाया। बाद में नंदकिशोर सिंह के कब्जे से वह अवैध असलहा भी बरामद कर लिया गया। पुलिस का कहना है कि दोनों भाइयों से जुड़ी यह पहली घटना नहीं है। विवेचना के दौरान एक अन्य घटना भी सामने आई है, जिसमें दोनों भाई एक साथ मौजूद थे। आरोप है कि उस दौरान नंदकिशोर सिंह ने एक पिकअप चालक के साथ मारपीट की और अवैध असलहा लहराकर लोगों में दहशत फैलाने की कोशिश की। इस घटना का भी सीसीटीवी फुटेज पुलिस के पास उपलब्ध है। एएसपी अनंत चंद्रशेखर ने कहा कि दोनों घटनाओं से यह स्पष्ट होता है कि ओलंपियन शिवपाल सिंह और उनके भाई नंदकिशोर सिंह घटनास्थलों पर एक साथ मौजूद थे। उनका कहना है कि यदि शिवपाल सिंह का इन गतिविधियों से कोई संबंध नहीं होता, तो उनसे अपेक्षा थी कि वह अपने भाई के पास अवैध असलहा होने और उसके सार्वजनिक प्रदर्शन की जानकारी पुलिस को देते। इसके विपरीत, उपलब्ध साक्ष्यों से यह स्पष्ट है कि वह विभिन्न घटनाओं के दौरान अपने भाई के साथ मौजूद रहे और उसके कृत्यों का प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष रूप से साथ दिया।
प्रदेश के चिकित्सा संस्थानों और मेडिकल कॉलेजों में कॉर्निया दान और प्रत्यारोपण की रफ्तार बढ़ेगी। SGPGI और लोहिया संस्थान में इसी वर्ष के आखिर तक कार्निया प्रत्यारोपण शुरू हो जाएगा। दोनों संस्थानों ने तैयारियां शुरू कर दी हैं।SGPGI में स्टेट ऑर्गन एंड टिश्यू ट्रांसप्लांट ऑर्गेनाइजेशन (सोटो) के संयुक्त निदेशक डॉ.राजेश हर्षवर्धन की अध्यक्षता में उच्चस्तरीय टास्क फोर्स की बैठक में कार्निया दान बढ़ाने और प्रत्यारोपण को लेकर प्रस्ताव तैयार किया गया है। यह प्रस्ताव शासन को भेजा जाएगा। इसके बाद प्रदेश के चिकित्सा संस्थानों और मेडिकल कालेजों में कार्निया दान और प्रत्यारोपण चरण बद्ध तरीके से शुरू किया जाएगा। कई एक्सपर्ट्स रहे मौजूद डॉ.राजेश हर्षवर्धन के मुताबकि प्रदेश में अगले तीन वर्ष में 11 सरकारी कार्निया प्रत्यारोपण केंद्र और आई बैंक की संख्या बढ़ाकर 21 होगी। चरण वार पांच-पांच आई बैंक और कार्निया प्रत्यारोपण केंद्र शुरू किये जाएंगे। बैठक में डॉ. शालिनी मोहन, डॉ. शेफाली मजूमदार, डॉ. अलका, डॉ. विकास कनौजिया समेत टास्क फोर्स के सदस्य शामिल हुए। सामाजिक संगठनों का भी लिया जाएगा सहयोग शासन के निर्देश पर यह टास्क फोर्स 28 फरवरी को SGPGI में आयोजित राज्य स्तरीय 'नेत्र मंथन' में मिले सुझावों के आधार पर गठित की गई है। प्रदेश में कॉर्निया दान की दर बढ़ाने और उपलब्ध कॉर्निया का अधिकतम उपयोग सुनिश्चित करने के लिए कई अहम रणनीतियों पर सहमति बनी। सरकार, स्वास्थ्य संस्थानों, आई बैंकों और सामाजिक संगठनों के समन्वित प्रयासों से प्रदेश में कॉर्निया दान को नई गति मिलेगी।
पानीपत जिले में पुलिस ने लकड़ी ठेकेदार दिलावर के अपहरण मामले में फरार चल रहे 7वें आरोपी अनुज उर्फ काला को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी को शनिवार देर शाम सिवाह बाईपास से पकड़ा गया। पुलिस ने उसे न्यायिक हिरासत में भेज दिया है। सीआईए-2 प्रभारी इंस्पेक्टर वीरेंद्र ने बताया कि उनकी टीम ने वारदात के कुछ घंटों के भीतर ही सोनीपत के श्याम नगर से अपहृत ठेकेदार दिलावर (35) को सकुशल छुड़ा लिया था। इस दौरान मौके से 6 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया था। गिरफ्तार किए गए आरोपियों में तिहाड़ खुर्द निवासी रोहित, श्याम नगर निवासी मनोज, बरोटा निवासी नीरज, मोई निवासी सूरज, इसराना निवासी अनुज उर्फ छोटू और पलड़ी निवासी जतिन शामिल थे। गांव के अड्डे किया था अपहरण थिराना निवासी राजेंद्र पुत्र प्रभु राम ने मतलौडा थाने में शिकायत दर्ज कराई थी। उन्होंने बताया कि 9 जुलाई की रात करीब 9:15 बजे उनका बेटा दिलावर गांव के अड्डे पर खड़ा था। तभी एक काले रंग की स्कॉर्पियो गाड़ी आई और उसमें सवार 4-5 युवक दिलावर को जबरन गाड़ी में डालकर ले गए। राजेंद्र की शिकायत पर मतलौडा थाने में मामला दर्ज किया गया था। रिटायर्ड पिता की वर्दी पहनकर आया था आरोपी पूछताछ में आरोपियों ने खुलासा किया था कि आरोपी मनोज ने दिल्ली पुलिस से सेवानिवृत्त अपने पिता की वर्दी पहनी हुई थी। उन्होंने फरार चल रहे अपने दो साथियों, इसराना निवासी अनुज उर्फ काला और एक अन्य आरोपी के साथ मिलकर इस वारदात को अंजाम देना स्वीकार किया था। पुलिस ने उनके कब्जे से स्कॉर्पियो गाड़ी और दिल्ली पुलिस सब-इंस्पेक्टर की वर्दी बरामद की थी। फरार साथियों की तलाश जारी गिरफ्तार आरोपियों को माननीय न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उन्हें न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया था। इसके बाद से ही अन्य फरार आरोपियों की तलाश जारी थी।गुप्त सूचना के आधार पर पुलिस ने शनिवार शाम करीब 6 बजे रोहतक-पानीपत बाईपास से अनुज उर्फ काला निवासी इसराना को गिरफ्तार किया। पूछताछ के बाद उसे भी न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है।
झांसी में रविवार को 17 साल की लड़की ने सुसाइड कर लिया। मां खेत पर गई थी, जबकि पिता रिश्तेदार को देखने के लिए अस्पताल आए थे। सुबह लगभग 10 बजे भाई घर पहुंचा तो कमरा अंदर से बंद था। खिड़की से देखा तो बहन फंदे पर लटकी हुई थी। परिजन सुसाइड के कारणों की जानकारी नहीं दे पाए। पुलिस ने शव कब्जे में लेकर मामले की जांच शुरू कर दी है। पूरा मामला बड़ागांव थाना क्षेत्र के पाली परसर गांव का है। 10वीं के बाद पढ़ाई छोड़ दी थी मृतका का नाम सितारा उर्फ मुन्नू (17) पुत्र संजेश अहिरवार था। वह बड़ागांव के पाली परसर गांव की रहने वाली थी। मृतका के ताऊ लखन कुमार ने बताया- मेरा छोटा भाई संजेश अहिरवार खेती किसानी करता है। उसकी दो बेटी और एक बेटा है। बड़ी बेटी चांदनी की शादी हो चुकी है। उसकी छोटी बेटी सितारा ने एक साल पहले दसवीं के बाद पढ़ाई छोड़ दी थी। बेटा समर 10वीं में पढ़ रहा है। आज सुबह छोटा भाई रिश्तेदार को देखने के लिए अस्पताल गया था। उसकी पत्नी मालती और बेटा समर खेत पर चले गए। सितारा से साथ चलने के लिए कहा तो बोली कि खाना लेकर आ रहे हैं। कमरा अंदर से बंद था ताऊ ने आगे बताया- समर ने खेत पर पेड़ लगाया और फिर घर चला गया। जब घर पहुंचा तो बहन नजर नहीं आई। कमरा अंदर से बंद था। आवाज देने पर बहन ने कोई जबाव नहीं दिया। तब उसने खिड़की से झांककर देखा। तब बहन सितारा पंखे के हुक पर फंदा बनाकर लटकी थी। चीखने चिल्लाने पर परिजन और आसपास के लोग आ गए। किसी तरह दरवाजा तोड़ा, लेकिन तब तक सितारा की मौत हो चुकी थ्ज्ञी। तब पुलिस को सूचना दी गई। ताऊ ने बताया- सितारा के सुसाइड के बारे में पता नहीं चल पाया। उसको घर पर न तो किसी ने डांटा और न ही कोई झगड़ा हुआ। सुबह सबकुछ ठीक था। सितारा के पास मोबाइल भी नहीं था। पता नहीं क्यों उसने फांसी लगाई है। जांच कर रहे हैं बड़ागांव थाना प्रभारी बलराज शाही ने बताया कि सितारा ने फांसी लगाकर आत्महत्या की है। उसके पास मोबाइल भी नहीं था। परिजन सुसाइड के कारणों के बारे में जानकारी नहीं दे पाए। पोस्टमार्टम कराकर शव परिजनों को सौंप दिया। पूरे मामले की छानबीन की जा रही है।
बड़वानी जिले के पाटी थाना इलाके के लाईझापी गांव में रविवार शाम को कुएं से मोटर निकालते समय पानी में डूबने से एक व्यक्ति की जान चली गई। जानकारी के मुताबिक, लाईझापी गांव के रहने वाले मांगीलाल (50 वर्ष) कुएं में लगी मोटर को बाहर निकालने के लिए नीचे उतरे थे। जब वे काफी देर तक बाहर नहीं आए, तो घर वालों और गांव के लोगों ने उन्हें आवाज लगाई, लेकिन अंदर से कोई जवाब नहीं मिला। पुलिस और ग्रामीणों ने मिलकर निकाला बाहर होने अनहोनी की आशंका के चलते तुरंत पुलिस को खबर दी गई। सूचना मिलते ही पाटी थाना प्रभारी आर.डी. यादव पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे। कुआं गहरा होने और मुश्किलें ज्यादा होने के बावजूद पुलिस और गांव के लोगों ने मिलकर काफी मेहनत की और मांगीलाल को कुएं से बाहर निकाला। हालांकि, तब तक उनकी मौत हो चुकी थी। पुलिस ने शुरू की जांच पुलिस ने मौके पर जाकर कागजी कार्रवाई पूरी की और शव को अपने कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए अस्पताल भिजवाया। मृतक की पहचान मांगीलाल पिता छोटू (जाति बारेला, उम्र 50 वर्ष, निवासी लाईझापी) के रूप में हुई है। पुलिस ने मर्ग दर्ज कर आगे की जांच शुरू कर दी है।
बाइक मैकेनिक की कार की टक्कर से मौत:मोटरसाइकिल से घर लौट रहा था, शनि मंदिर के पास हादसा
कानपुर देहात के रसूलाबाद थाना क्षेत्र में रविवार शाम करीब 6 बजे एक सड़क हादसे में 23 वर्षीय बाइक मैकेनिक तेज रफ्तार कार की टक्कर से गंभीर रूप से घायल हो गया युवक को इलाज के लिए कानपुर ले जाया गया, जहां हैलट अस्पताल में करीब 8 बजे डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। मृतक की पहचान मकरंदपुर कहिंजरी गांव निवासी अमित कुमार उर्फ कालू सोनकर के रूप में हुई है। अमित कहिंजरी बस स्टॉप पर बाइक रिपेयरिंग की दुकान चलाता था। रविवार शाम करीब छह बजे वह रसूलाबाद से बाइक पर अपने गांव लौट रहा था। रसूलाबाद-कानपुर मार्ग पर माल का पुरवा स्थित शनि मंदिर के पास एक कार ने उसकी बाइक में जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि अमित सड़क पर गिरकर गंभीर रूप से घायल हो गया। सूचना मिलने पर परिजन मौके पर पहुंचे और उसे तत्काल इलाज के लिए कानपुर ले गए। परिजनों के अनुसार, रास्ते में दो अस्पतालों ने घायल को भर्ती करने से इनकार कर दिया। इसके बाद उसे हैलट अस्पताल ले जाया गया, जहां रात करीब आठ बजे डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। अमित की मौत की खबर मिलते ही परिवार में शोक छा गया। मां जयदेवी और पिता ओमप्रकाश सहित अन्य परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। गांव में भी गम का माहौल है। घटना की सूचना पर पहुंची पुलिस ने दुर्घटना में शामिल कार को कब्जे में ले लिया है। कहिंजरी चौकी प्रभारी प्रवीण कृष्णा मिश्र ने बताया कि वाहन को हिरासत में ले लिया गया है। परिजनों से तहरीर मिलने के बाद मुकदमा दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है।
आम आदमी पार्टी (AAP) के कार्यकर्ताओं ने रविवार शाम मैहर के घंटाघर चौराहे पर शांतिपूर्ण प्रदर्शन किया। उन्होंने शिक्षाविद और सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक का साथ देते हुए केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग की। यह मांग प्रतियोगी परीक्षाओं में हुए पेपर लीक के मामलों को लेकर उठाई गई। इस प्रदर्शन की अगुवाई प्रदेश सह-सचिव उमेश चौधरी ने की। इसमें महेंद्र सनाढ्य, राजेश शुक्ला, एडवोकेट आनंद श्रीवास्तव समेत पार्टी के दूसरे पदाधिकारी और कार्यकर्ता शामिल हुए। कार्यकर्ताओं ने बताया कि सोनम वांगचुक शिक्षा व्यवस्था में सुधार और परीक्षाओं में पारदर्शिता (साफ-सुथरे तरीके) के लिए लंबे समय से शांतिपूर्ण भूख हड़ताल पर बैठे थे। उन्होंने हाल ही में वांगचुक को आंदोलन वाली जगह से अस्पताल ले जाने की घटना पर चिंता जताई, जिससे देश भर के छात्रों और युवाओं के बीच फिक्र का माहौल है। 'पेपर लीक बंद करो' के लगे नारे प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने शिक्षा मंत्री इस्तीफा दो और पेपर लीक बंद करो जैसे नारे लगाए। उन्होंने परीक्षा के पूरे सिस्टम को साफ-सुथरा और निष्पक्ष बनाने की मांग की। यह प्रदर्शन शांति से खत्म हुआ। कार्यकर्ताओं ने सरकार से अपील की कि वे छात्रों के भले के लिए ठोस कदम उठाएं।
पुलिस और आमजन के बीच बेहतर समन्वय स्थापित कर अपराधों पर प्रभावी नियंत्रण के उद्देश्य से रविवार को झुंझुनूं जिले के सभी पुलिस थानों में कम्युनिटी लायजन ग्रुप (CLG) की बैठकें आयोजित की गईं। बैठकों में पुलिस अधिकारियों ने स्थानीय नागरिकों से संवाद कर कानून-व्यवस्था, यातायात, साइबर अपराध, नशामुक्ति और महिला सुरक्षा जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर चर्चा की। जिला मुख्यालय स्थित कोतवाली थाना परिसर में हुई बैठक की अध्यक्षता एसपी कावेन्द्र सिंह सागर ने की। बैठक में शहर के प्रबुद्ध नागरिक, व्यापारी, सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधि और सीएलजी सदस्य मौजूद रहे। एसपी बोले- पुलिस और जनता में बातचीत जरूरीएसपी ने कहा कि कानून-व्यवस्था बनाए रखने में पुलिस और जनता के बीच बेहतर संवाद और सूचनाओं का समय पर आदान-प्रदान बेहद आवश्यक है। उन्होंने शहर की यातायात व्यवस्था को सुगम बनाने, बढ़ते साइबर ठगी के मामलों के प्रति लोगों को जागरूक रहने, युवाओं को नशे से दूर रखने के लिए जन-जागरूकता अभियान चलाने और महिलाओं और बच्चों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देने पर जोर दिया। इस दौरान एसपी ने उपस्थित लोगों की समस्याएं और सुझाव भी सुने। साथ ही उनके शीघ्र समाधान के लिए संबंधित अधिकारियों को जरूरी निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सीएलजी सदस्य समाज और पुलिस के बीच एक मजबूत सेतु का कार्य करते हैं, जिनके सहयोग से अपराधों की रोकथाम और शांति व्यवस्था बनाए रखने में मदद मिलती है। उधर, जिले के अन्य सभी पुलिस थानों में भी संबंधित वृत्त अधिकारियों और थाना प्रभारियों की अध्यक्षता में सीएलजी बैठकें आयोजित की गईं। बैठकों में स्थानीय समस्याओं पर चर्चा की गई और लोगों से संदिग्ध गतिविधियों की सूचना तत्काल पुलिस को देने की अपील की गई। बैठक के अंत में एसपी कावेन्द्र सिंह सागर ने सभी सीएलजी सदस्यों और नागरिकों का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि समाज के सहयोग और विश्वास के बिना अपराधमुक्त वातावरण की कल्पना संभव नहीं है। उन्होंने लोगों से सतर्क रहने और पुलिस का सहयोग करने की अपील की ताकि जिले में शांति, सुरक्षा और कानून-व्यवस्था को और अधिक मजबूत बनाया जा सके।
पत्नी से विवाद के बाद युवक ने खाया जहर:भिंड जिला अस्पताल से ग्वालियर रेफर, रास्ते में मौत
भिंड के देहात थाना क्षेत्र के मानपुरा गांव में गृहक्लेश के चलते 27 वर्षीय एक युवक ने जहरीला पदार्थ खाकर आत्मघाती कदम उठा लिया। तबीयत बिगड़ने पर वह पत्नी के साथ बाइक से जिला अस्पताल पहुंचा, जहां प्राथमिक उपचार के बाद डॉक्टरों ने उसे ग्वालियर रेफर कर दिया। लेकिन रास्ते में ही उसकी मौत हो गई। पुलिस ने मर्ग कायम कर मामले की जांच शुरू कर दी है। पुलिस के अनुसार मृतक की पहचान प्रमोद पिता कैलाश नरवरिया (27) निवासी मानपुरा, थाना देहात के रूप में हुई। घटना रविवार की है। बताया गया है कि प्रमोद का किसी बात को लेकर पत्नी अंजलि से विवाद हो गया था। विवाद के बाद उसने घर के अंदर रखा कोई जहरीला पदार्थ खा लिया। जहर खाने के बाद उसकी हालत बिगड़ने लगी। इसके बाद प्रमोद और उसकी पत्नी बाइक से जिला अस्पताल पहुंचे। यहां डॉक्टरों ने प्राथमिक उपचार किया, लेकिन हालत गंभीर होने पर दोपहर करीब 2 बजे उसे ग्वालियर रेफर कर दिया। ग्वालियर ले जाते समय रास्ते में ही उसने दम तोड़ दिया। पत्नी के साथ अलग रहता थाप्रमोद के ताऊ देवेंद्र पिता अमर सिंह नरवरिया ने बताया कि पति-पत्नी के बीच विवाद के बाद प्रमोद ने जहरीला पदार्थ खा लिया था। प्रमोद दो भाइयों में एक था और दोनों अलग-अलग रहते थे। अपने पीछे वह पत्नी अंजलि और एक बेटी को छोड़ गया है। देहात थाना पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराकर परिजनों को सौंप दिया है। पुलिस ने मर्ग कायम कर घटना के कारणों और जहरीले पदार्थ की पुष्टि के लिए जांच शुरू कर दी है।
मिर्जापुर पुलिस ने एक अंतर्राज्यीय और अंतरजनपदीय वाहन चोर गिरोह का पर्दाफाश किया है। चुनार थाना पुलिस ने इस मामले में पांच शातिर चोरों को गिरफ्तार किया है। उनके कब्जे से चोरी की नौ मोटरसाइकिलें, 11 मोबाइल फोन, एक अवैध तमंचा और एक जिंदा कारतूस बरामद किया गया है। पुलिस अधीक्षक अपर्णा रजत कौशिक के निर्देश पर अपर पुलिस अधीक्षक ऑपरेशन राजकुमार मीणा और क्षेत्राधिकारी चुनार गायत्री यादव के नेतृत्व में यह कार्रवाई की गई। चुनार थाना पुलिस टीम ने 18 जुलाई की रात दीक्षितपुर गांव में एक चाय की दुकान के पास से इन आरोपियों को पकड़ा। इस कार्रवाई से वाहन चोरी के दो मामलों का खुलासा हुआ। गिरफ्तार किए गए आरोपियों की पहचान विशाल बिंद (थाना पड़री), विकास बिंद (अलीनगर, चंदौली), चंद्रमा उर्फ बाबू (अदलहाट), गुलशन कुमार (अहरौरा) और लोकनाथ उर्फ लोकू (अहरौरा) के रूप में हुई है। पुलिस के अनुसार, मौके से चोरी की दो मोटरसाइकिलें बरामद की गईं। पूछताछ के दौरान आरोपियों की निशानदेही पर विभिन्न स्थानों से चोरी की गई सात अन्य मोटरसाइकिलें भी मिलीं। कुल मिलाकर, पुलिस ने नौ चोरी की मोटरसाइकिलें और 11 मोबाइल फोन बरामद किए हैं। आरोपी विशाल बिंद के पास से एक 315 बोर का अवैध तमंचा और एक जिंदा कारतूस भी मिला। पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि उनका एक संगठित गिरोह है। वे विभिन्न क्षेत्रों में मौका देखकर मोटरसाइकिलें चुराते थे। चोरी के बाद वे वाहनों की नंबर प्लेट हटाकर उन्हें छिपा देते थे और बाद में बेचकर मिली रकम आपस में बांट लेते थे। इसी पैसे से वे अपना और अपने परिवार का भरण-पोषण करते थे। पुलिस जांच में पता चला है कि बरामद की गई मोटरसाइकिलें मिर्जापुर, चंदौली, वाराणसी और सोनभद्र जनपदों के विभिन्न थाना क्षेत्रों से चोरी की गई थीं। गिरफ्तार आरोपियों के खिलाफ पहले से ही कई थानों में वाहन चोरी के मुकदमे दर्ज हैं। पुलिस ने बरामदगी के आधार पर विभिन्न धाराओं में मुकदमा दर्ज कर सभी आरोपियों को न्यायालय में पेश किया, जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया है। पुलिस का कहना है कि गिरोह से जुड़े अन्य सदस्यों और चोरी के इस नेटवर्क की भी गहनता से जांच की जा रही है।
मथुरा- ट्रेन की चपेट में आने से युवक की मौत:भूतेश्वर रेलवे स्टेशन के पास हुआ हादसा, जांच जारी
मथुरा के शहर कोतवाली क्षेत्र में रविवार शाम करीब 5 बजे एक युवक की ट्रेन की चपेट में आने से मौत हो गई। यह घटना भूतेश्वर रेलवे स्टेशन के पास अमरनाथ स्कूल के समीप रेलवे लाइन पर हुई। सूचना मिलते ही जीआरपी और शहर कोतवाली पुलिस मौके पर पहुंची और आवश्यक कार्रवाई शुरू की। पुलिस ने मृतक की तलाशी ली, जिसके बाद उसके पास मिले दस्तावेजों से उसकी पहचान पंकज अग्रवाल पुत्र रामनारायण अग्रवाल, निवासी अंतापाड़ा, मथुरा के रूप में हुई। पुलिस ने परिजनों को घटना की सूचना दी, जिसके बाद वे मौके पर पहुंचे। घटनास्थल पर लोगों की भीड़ जमा हो गई थी। पुलिस ने भीड़ को नियंत्रित कर शव को कब्जे में लिया। पंचनामा भरने के बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया। जीआरपी और स्थानीय पुलिस ने मौके से आवश्यक साक्ष्य भी जुटाए हैं। शहर कोतवाली प्रभारी निरीक्षक विनोद बाबू मिश्रा ने बताया कि प्रथम दृष्टया युवक की मौत ट्रेन की चपेट में आने से हुई है। हालांकि, यह हादसा कैसे हुआ, इसका कारण अभी स्पष्ट नहीं हो सका है। पुलिस सभी पहलुओं को ध्यान में रखते हुए मामले की जांच कर रही है। पुलिस ने परिजनों से भी घटना के संबंध में जानकारी जुटानी शुरू कर दी है। हादसे के कारणों का पता लगाने के लिए आसपास के लोगों से भी पूछताछ की जा रही है। पुलिस का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद ही घटना की वास्तविक स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।
सेवानिवृत शिक्षक संघ की बैठक पूरी हुई:प्रदेश अध्यक्ष ने कहा- समस्याओं के समाधान तक जारी रहेगा आंदोलन
उत्तर प्रदेश की सेवानिवृत प्राथमिक शिक्षक कल्याण परिषद की बैठक रविवार शाम 5:00 बजे ज्ञानपुर मुख्यालय पर संपन्न हुई। इसमें प्रदेश अध्यक्ष सत्यदेव सिंह मुख्य अतिथि के रूप में मौजूद रहे। जिला अध्यक्ष कल्लू राम यादव के नेतृत्व में पदाधिकारियों ने प्रदेश अध्यक्ष का फूल-मालाओं से जोरदार स्वागत किया। स्वागत भाषण में जिला अध्यक्ष ने जनपद की समस्याओं से अवगत कराया और शिक्षक भवन के निर्माण की मांग की। इस पर प्रदेश अध्यक्ष सत्यदेव सिंह ने कहा कि यह शिक्षकों की महत्वपूर्ण मांग है। इसे आंदोलन के तहत जिले से लेकर प्रदेश स्तर तक के अधिकारियों तक पहुंचाया जाएगा। उन्होंने आश्वासन दिया कि जब तक जिले की समस्याएं समाप्त नहीं हो जातीं, तब तक सेवानिवृत शिक्षक संघ समय-समय पर अधिकारियों को अवगत कराता रहेगा। साथ ही, आंदोलन के माध्यम से इन मांगों को शासन-प्रशासन तक पहुंचाया जाएगा। इस अवसर पर मनीराम, राधेश्याम, भानु प्रताप, सत्यराम, शिवपूजन, माता प्रसाद, कंचन राम, नानक राम सहित जिले के ब्लॉक के पदाधिकारी और अन्य शिक्षक उपस्थित रहे।
भारतीय जनता पार्टी युवा मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष डॉ. रोहित मिश्रा के स्वागत कार्यक्रम से गाजियाबाद शहर में चारों तरफ लोगों ने जाम झेला। अलग अलग स्थानों पर कार्यकर्ताओं ने काफिले का स्वागत किया। इस दौरान काफिले में 50 से 100 गाड़ियां रही। ट्रैफिक पुलिस ने डायवर्जन किया था, लेकिन उसके बाद भी वाहन चालकों को परेशानी उठानी पड़ी। गाजियाबाद पहुंचे रोहित मिश्रा ने कहा कि हर कार्यकर्ता 2027 के चुनाव की तैयारी में जुट जाए। बूथ स्तर पर सभी की जिम्मेदारी तय की जाएगी। पूरी ताकत से हमें चुनाव लड़ना है। ट्रैफिक पुलिस ने किया था डायवर्जन कार्यक्रम के दौरान बड़ी संख्या में कार्यकर्ताओं व वाहनों की संख्या रही। इसको लेकर पहले ही पुलिस ने ट्रैफिक की ड्यूटी तो लगाई, लेकिन काफिले की भीड़ के आगे पुलिस के इंतजाम भी बौने पड़ गए। कमिश्नरेट गाजियाबाद द्वारा ट्रैफिक पुलिस ने कहीं वाहनों को रोका तो कहीं दूसरी जगह से वाहनों को डायर्जन कर दिया। दोपहर 3 बजे से लेकर देर शाम तक शिव मंदिर लालकुआ से आईटीएस कॉलेज मोहननगर तक डायर्जन भी रहा। शहर में इन मुख्य स्थानों पर हुआ स्वागत रोहित मिश्रा भाजपा युवा मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष बनने के बाद पहली गार गाजियाबाद पहुंचे। जहां लालकुआ पर सैकड़ों की संख्या में उनका स्वागत किया। इस दौरान जय श्रीराम और भाजपा जिंदाबाद के नारे लगाए। यहां आधा घंटे तक जाम की स्थिति बनी रही। लाल कुआ अंडर पास पर भी कार्यकर्ताओं ने पुष्प व फूल मालाओं से स्वागत किया। हुडंई शोरूम से होते हुए पंचवटी, चौधरी मोड, ओपलेंट मॉल, घंटाघर, नया बस अड्डा व मेरठ मोड पर चौधरी चरण सिंह की प्रतिमा के समीम पहुंचकर स्वागत किया। इसके बाद साईं वाटिका, अर्थला मेट्रो स्टेशन, आईटीएस कॉलेज तक स्वागत किया। 2027 के चुनाव में जुट जाएं कार्यकर्ता गाजियाबाद महानगर अध्यक्ष मयंक गोयल व युवा मोर्चा अध्यक्ष सचिन डेढ़ा के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं ने पूरे जोश और उत्साह के साथ प्रदेश अध्यक्ष का भव्य स्वागत किया। जहां कार्यकर्ताओं ने पुष्पवर्षा, माल्यार्पण एवं जयघोष के साथ उनका अभिनंदन किया। वहीं बैठक को संबोधित करते हुए प्रदेश अध्यक्ष डॉ. रोहित मिश्रा ने वर्ष 2027 के विधानसभा चुनाव को लक्ष्य बनाते हुए प्रत्येक कार्यकर्ता से बूथ स्तर तक संगठन को मजबूत करने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि युवा शक्ति भारतीय जनता पार्टी की सबसे बड़ी ताकत है और युवाओं के उत्साह, समर्पण एवं परिश्रम के बल पर वर्ष 2027 में भाजपा ऐतिहासिक विजय प्राप्त करेगी। इस अवसर पर युवा मोर्चा के पदाधिकारी, मंडल अध्यक्ष, कार्यकर्ता एवं बड़ी संख्या में भाजपा समर्थक उपस्थित रहे। इस अवसर पर सुखविंदर सोम क्षेत्रीय अध्यक्ष,अमल खटीक प्रदेश मंत्री, अंजलि चौहान प्रदेश मंत्री, नरेंद्र भाटी, अरुण यादव, महानगर महामंत्री पंकज भारद्वाज,गौरव चोपड़ा, अनुज कश्यप, काजल त्यागी, मीडिया प्रभारी नीरज शर्मा और अन्य रहे।
राजस्थान हाईकोर्ट की जयपुर बेंच ने रिटायरमेंट से ठीक पहले शिक्षिका के खिलाफ निकाली गई वेतन रिकवरी पर रोक लगा दी। जस्टिस आनंद शर्मा की अदालत ने यह आदेश शिक्षिका दलजीत कौर की याचिका पर सुनवाई करते हुए दिए। याचिका में कहा गया था कि साल 1993 में शिक्षिका पद पर नियुक्ति हुई थी। करीब 10 साल की सेवा पूरी करने के बाद उसे साल 2013 में नियमित करते हुए वेतन फिक्सेशन किया गया था। अब वह रिटायर होने वाली है तो शिक्षा विभाग ने उसके फिक्सेशन को गलत मानते हुए 12 साल की वार्षिक वेतन वृद्धि रद्द करते हुए उसके खिलाफ रिकवरी निकाल दी। जबकि उसका फिक्सेशन नियमों के तहत ही किया गया था। उसे सुनवाई का मौका दिए बिना उसके खिलाफ रिकवरी के आदेश निकाल दिए गए। सरकार ने आदेश वापस लिया, रिकवरी निकाली याचिकाकर्ता के अधिवक्ता नगेंद्र शर्मा ने बताया- साल 2002 में सरकार ने आदेश निकाला था कि जिस शिक्षक को सेवा में 10 साल हो गए हैं, उसे प्रशिक्षित मानकर उसे नियमित करते हुए उसके वेतन का फिक्सेशन किया जाए। इसके कारण याचिकाकर्ता को साल 2013 में नियमित करते हुए फिक्सेशन का लाभ दिया गया। बाद में सरकार ने यह आदेश वापस ले लिया। ऐसे में अब जब शिक्षका रिटायर होने वाली है तो विभाग ने साल 2013 से अब तक उन्हें मिली वार्षिक वेतन वृद्धियों को रद्द कर दिया। उन्हें दिए गए वेतन की रिकवरी निकाल दी। इसे हमने हाईकोर्ट में चुनौती दी थी। अदालत ने हमारे पक्ष को जानने के बाद शिक्षिका को अंतरिम राहत देते हुए वेतन रिकवरी आदेश पर रोक लगा दी।
लखनऊ में 10 दिन तक जंजीर से बांधकर रखा:चोरी के शक में महिला को पीटा, रसोइया ने छुड़ाया
लखनऊ के अलीगंज क्षेत्र में घर में काम करने वाली एक महिला को मालकिन ने 10 दिनों तक बंधक बना कर उसके साथ मारपीट की। तीन माह के बच्चे की मां ने आरोप लगाया है कि घर में हुई चोरी का झूठा आरोप लगाकर उसे 10 दिन तक जंजीर से बांधकर रखा गया और बेरहमी से पीटा गया। किसी तरह रसोई में काम करने वाली महिला ने उसे छुड़ाया, जिसके बाद वह गोरखपुर लौट गई। इस मामले को लेकर पीड़िता ने अलीगंज थाने में तहरीर दी थी। जिस पर पुलिस ने रविवार को मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। गोरखपुर के चौरी-चौरा क्षेत्र के फुटहवा इनार गांव निवासी सन्नो ने पुलिस को बताया कि वह पिछले करीब 10 वर्षों से इलियास को जानती है। एक वर्ष पहले दोनों काम के सिलसिले में लखनऊ आए और पति-पत्नी की तरह रहने लगे। दोनों का तीन माह का बेटा भी है। इलियास अलीगंज सेक्टर-ई स्थित सौम्या भट्ट के यहां ड्राइवर है, जबकि सन्नो वहीं घरेलू काम करती थी। पीड़िता के मुताबिक, बेटे के जन्म के बाद वह गोरखपुर चली गई थी। करीब 20 दिन बाद इलियास उसे वापस लखनऊ ले आया। इस दौरान सौम्या भट्ट के घर चोरी हो गई थी। आरोप है कि चोरी का इल्जाम उस पर लगाकर सौम्या भट्ट, इलियास और घर में काम करने वाले अरुण ने उसकी पिटाई की। इतना ही नहीं, उसे करीब 10 दिन तक जंजीर से बांधकर बंधक बनाए रखा और लगातार प्रताड़ित किया। इस दौरान घर में खाना बनाने वाली सरोज नाम की महिला ने उसे जंजीरों से मुक्त कराया। इसके बाद वह किसी तरह अपने घर गोरखपुर पहुंची। जिसके बाद उसने मुख्यमंत्री से लिखित शिकायत की थी। जिस पर अलीगंज पुलिस ने मुकदमा दर्ज जांच शुरू कर दी है।
जयपुर में आरटीओ की कार्रवाई से नाराज बस मालिक ने खुद पर डीजल डाल लिया। इसके बाद माचिस लेकर आग लगाने की कोशिश भी की। यह घटना सिंधीकैंप बस स्टैंड के सामने रविवार शाम करीब 5 बजे हुई। स्लीपर बसों के खिलाफ लगातार चल रही कार्रवाई के लिए आरटीओ सिंधीकैंप बस अड्डे के बाहर पहुंचे थे। यहां ग्वालियर रूट की एक बस को आरटीओ की उड़नदस्ता टीम ने नियमों का हवाला देते हुए जब्त करने के लिए कहा तो मालिक हाकिम सिंह चौधरी ने पहले चालान जमा करने के लिए कहा। हाकिम सिंह ने कहा- मैंने अफसरों से कहा कि मुझे सवारी लेकर जाना है और अगर कोई कमी है तो चालान कर दें, लेकिन बस जब्त नहीं करें। मैंने अधिकारियों से हाथ जोड़कर और पैर पकड़कर भी गुहार लगाई, लेकिन मेरी बात नहीं सुनी। इसके बाद बस से डीजल निकालते हुए खुद पर डाल लिया। फिर आग लगाने की कोशिश की। मौके पर मौजूद लोगों ने हाकिम सिंह को रोक लिया। घटना के बाद धौलपुर निवासी हाकिम सिंह चौधरी से भास्कर टीम ने बात की। हाकिम सिंह रोते हुए बोले- मेरी उम्र 61 साल है। मैं हार्ट का मरीज हूं। हर महीने दवाइयों पर 18 से 20 हजार रुपए खर्च होते हैं। इसी वजह से मैं अपनी ही बस में कंडक्टर का काम करता हूं, ताकि किसी दूसरे कर्मचारी की तनख्वाह न देनी पड़े। पहले देखें विवाद की PHOTOS बस मालिक बोला- मकान गिरवी, अपनी बस में बनता हूं कंडक्टर हाकिम सिंह चौधरी ने बताया- मैं अपनी बस लेकर सिंधी कैंप पहुंचा था। इसी दौरान आरटीओ उड़नदस्ता टीम ने बस की जांच की। इसके बाद नियमों का हवाला देते हुए बस जब्त करने के लिए कहा। हाकिम ने बताया- मेरा मकान गिरवी रखा है। मुझ पर करीब 25 लाख रुपए का कर्ज है। मेरे पास दो बसें हैं। दोनों बसें फाइनेंस पर हैं, जिनकी हर महीने किस्त चुकानी पड़ती है। अगर बसें नहीं चलेंगी तो किस्त, दवाइयों और घर का खर्च कैसे चलेगा। ‘कल 12 हजार की रसीद कटवाई, आज भी 15 हजार देने को तैयार था’ हाकिम सिंह ने बताया- मैं 30 साल से जयपुर-आगरा और जयपुर-ग्वालियर रूट पर बस चला रहा हूं। उन्होंने बताया- मैं राजस्थान सरकार को 50 हजार रुपए टैक्स देता हूं। उसकी रसीदें भी मेरे पास हैं। उन्होंने कहा- एक दिन पहले ही 18 जुलाई को मैंने 12 हजार रुपए की रसीद कटवाई थी। आज भी मैं 15 हजार रुपए तक की रसीद कटवाने को तैयार था, लेकिन अधिकारियों ने मेरी बात नहीं सुनी। उन्होंने बताया- आरटीओ इंस्पेक्टर ने आते ही कहा- 1.20 लाख रुपए जुर्माना जमा कराओ, नहीं तो बस सीज कर देंगे। हाकिम ने बताया- मैंने अफसरों से कहा कि मेरी गाड़ी बंद कर देंगे तो मेरी दवा कैसे आएगी, घर कैसे चलेगा। इससे अच्छा तो मैं खुद को खत्म कर लूं। इसी परेशानी में मैंने खुद पर डीजल डाल लिया। बस में कोई बड़ी कमी नहीं है हाकिम सिंह ने कहा- मेरी बस सभी जरूरी मानकों के अनुसार चल रही है। यदि कोई छोटी-मोटी कमी है तो उसे भी तुरंत ठीक कराने के लिए तैयार हूं। उन्होंने कहा- बस में ऐसी कोई बड़ी खामी नहीं थी, जिसके कारण उसे जब्त किया जाए। पहले कंडक्टर था, मेहनत से खरीदी बस हाकिम सिंह ने बताया- मैंने करियर की शुरुआत कंडक्टर के रूप में की थी। कई साल मेहनत करने के बाद पैसे जोड़कर पहली बस खरीदी। अब उम्र बढ़ने और बीमारी के बावजूद मैं खुद बस में कंडक्टर का काम करता हूं, ताकि परिवार और कर्ज की जिम्मेदारियां पूरी कर सकें। उन्होंने बताया- मेरे दो बेटे हैं, जो प्राइवेट नौकरी करते हैं। अपने-अपने परिवार की जिम्मेदारी संभाल रहे हैं। ऐसे में बस ही मेरी आय का मुख्य साधन है। आरटीओ की कार्रवाई को लेकर उठे सवाल स्लीपर बसों के खिलाफ चल रही कार्रवाई को लेकर पहले भी बस ऑपरेटर विरोध जता चुके हैं। इस घटना के बाद एक बार फिर कार्रवाई के तरीके पर सवाल उठने लगे हैं। वहीं घटना के बाद सिंधीकैंप बस स्टैंड के बाहर वनस्थली मार्ग पर काफी देर तक अफरा-तफरी का माहौल रहा। बड़ी संख्या में लोग मौके पर जुट गए और आरटीओ अधिकारियों पर मनमानी करने का आरोप लगाते हुए विरोध जताया। आरटीओ बोले- कार्रवाई से बचने के लिए मालिक ने यह किया जयपुर आरटीओ प्रथम चंपालाल जीणगर ने बताया- हाईकोर्ट के आदेश की पालना के लिए आरटीओ की फ्लाइंग ड्यूटी पर थी। इसी दौरान UP नंबर की बस सिंधीकैंप पर रुकी, जो बस बॉडी कोड के अनुरूप नहीं थी। इसे लेकर ही आरटीओ इंस्पेक्टर जयंत ने जुर्माना लगाने की बात कही। इस पर बस कंडक्टर-मैनेजर ने आग लगाने की कोशिश की। यह पूरा मामला कार्रवाई से बचने के लिए है।
बीकानेर के खाजूवाला अंतरराष्ट्रीय बॉर्डर के पास पाकिस्तान से ड्रोन के जरिए हथियारों की खेप गिराने के मामले में पुलिस ने पंजाब के फाजिल्का से सहयोगी आरोपी करण को राउंडअप किया है। इससे पहले पुलिस ड्रोन ड्रॉपिंग के मुख्य आरोपी सोनू उर्फ सुखविंदर को गिरफ्तार कर चुकी है। अब सहयोगी आरोपी करण सिंह को गिरफ्तार किया है। उससे पूछताछ के जरिए पूरे नेटवर्क और अन्य आरोपियों तक पहुंचने का प्रयास किया जा रहा है। 26 फरवरी को मिली थी हथियारों की खेप26 फरवरी को खाजूवाला अंतरराष्ट्रीय सीमा के पास बीएसएफ और पुलिस ने संयुक्त कार्रवाई में पाकिस्तान से ड्रोन के जरिए भेजी गई हथियारों की बड़ी खेप बरामद की थी। जब्त सामग्री में मेड इन चाइना पिस्टल और 326 कारतूस शामिल थे। मामले की जांच एसपी मृदुल कच्छावा के निर्देशन में सीओ अनुष्ठा कालिया कर रही हैं। पुलिस का मानना है कि पूछताछ में इस नेटवर्क से जुड़ी कई और कड़ियां सामने आ सकती हैं।
हरदोई में भारतीय जनता पार्टी के नवनियुक्त क्षेत्रीय अध्यक्ष (अवध क्षेत्र) अवधेश द्विवेदी ने रविवार को हरदोई जनपद में अपने प्रथम आगमन पर विपक्ष पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि विपक्ष के पास कोई नीति या विजन नहीं है और वह केवल नकारात्मकता तथा भ्रम फैलाने की राजनीति कर रहा है, जिसे देश की जनता ने पूरी तरह नकार दिया है। जिला कार्यालय में स्वागत के दौरान उच्च शिक्षा राज्य मंत्री रजनी तिवारी भी पहुंची। जनपद में क्षेत्रीय अध्यक्ष का रविवार दोपहर से लेकर देर शाम करीब 6:30 बजे तक भव्य स्वागत किया गया। जिले की सीमाओं, प्रमुख चौराहों और जिला कार्यालय सहित कई स्थानों पर कार्यकर्ताओं ने उनका अभिनंदन किया। इस दौरान उन्होंने बैठक भी की। जिला कार्यसमिति की बैठक को मुख्य अतिथि के रूप में संबोधित करते हुए क्षेत्रीय अध्यक्ष ने कार्यकर्ताओं से आह्वान किया कि वे विपक्ष के हर झूठे प्रोपेगैंडा का जवाब तथ्यों के साथ जनता के बीच जाकर दें। उन्होंने कहा कि हालिया चुनावी नतीजों ने साबित कर दिया है कि प्रधानमंत्री के प्रति जनता का विश्वास अडिग है। क्षेत्रीय अध्यक्ष ने जोर दिया कि जनता भली-भांति जानती है कि राष्ट्र का विकास, सुरक्षा और अंत्योदय का संकल्प केवल भाजपा ही पूरा कर सकती है। बताया कि चुनाव की तैयारियों के लिए पन्ना प्रमुख और बूथ स्तर के कार्यकर्ता सबसे बड़ा हथियार हैं, जिन्हें केंद्र व राज्य सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं को घर-घर तक पहुँचाना है। इस जिला बैठक की अध्यक्षता भाजपा जिलाध्यक्ष अजीत सिंह बब्बन ने की। बैठक में सांसद जय प्रकाश, विधायक अलका अर्कवंशी, रामपाल वर्मा, श्याम प्रकाश, जिला पंचायत अध्यक्ष प्रेमावती, पूर्व जिलाध्यक्ष श्रीकृष्ण शास्त्री, परेश लोहिया, आयुष सिंह, सौरभ मिश्र, मधुर मिश्रा, प्रखर अग्निहोत्री, शोभना सिंह और निधि सिंह सहित प्रमुख पदाधिकारी मौजूद रहे। संचालन जिला महामंत्री सत्येंद्र राजपूत ने किया। बैठक के समापन के पश्चात, सांगठनिक गतिविधियों को गति देने के लिए क्षेत्रीय अध्यक्ष ने एक विशेष बैठक की। इसमें उन्होंने वर्तमान सांसदों, विधायकों और वरिष्ठ नेताओं के अनुभवों को साझा करते हुए आगामी सांगठनिक कार्यक्रमों की रूपरेखा पर गंभीर मंथन किया। इस अवसर पर क्षेत्रीय पदाधिकारी नीरज वर्मा, संजय गुप्ता व विमल सिंह भी मंच पर उपस्थित रहे।
बैतूल में आम आदमी पार्टी (आप) ने रविवार शाम को नीट-यूजी पेपर लीक मामले के विरोध में शहर में पैदल मार्च निकाला। इस दौरान कार्यकर्ताओं ने शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग की और शिक्षा व्यवस्था में लगातार हो रहे पेपर लीक पर सरकार को घेरा। पार्टी ने सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक के आंदोलन का भी समर्थन किया। यह प्रदर्शन प्रदेशव्यापी आंदोलन का हिस्सा था, जिसका नेतृत्व प्रदेश प्रभारी एवं दिल्ली सरकार के पूर्व कानून मंत्री जितेंद्र सिंह तोमर ने किया। आप कार्यकर्ताओं ने काली पट्टी बांधकर कोतवाली थाना के सामने से पैदल मार्च शुरू किया। यह मार्च लल्ली चौक और बस स्टैंड होते हुए अंबेडकर चौक पहुंचा, जहां उन्होंने अपनी मांगें रखीं। पार्टी नेताओं ने आरोप लगाया कि नीट-यूजी सहित विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं के पेपर लीक होने से लाखों विद्यार्थियों का भविष्य प्रभावित हो रहा है। उन्होंने सरकार से दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने और शिक्षा व्यवस्था में जवाबदेही तय करने की मांग की। सोनम वांगचुक के आंदोलन का भी समर्थन कियाआप नेताओं ने सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक के आंदोलन का भी समर्थन किया। उन्होंने जंतर-मंतर से उन्हें हटाए जाने की कार्रवाई की आलोचना की। पार्टी ने 20 जुलाई से शुरू होने वाले संसद सत्र के दौरान प्रस्तावित प्रदर्शन में शामिल होने का भी निर्णय लिया। इस प्रदर्शन में प्रदेश उपाध्यक्ष एवं नर्मदापुरम जोन प्रभारी अजय सोनी, प्रदेश संयुक्त सचिव विजेंद्र चौहान, जिला अध्यक्ष विनोद जगताप, अजीज खान, शंकर पेंदाम, श्रीराम मानकर और राकेश चढ़ोकार सहित बड़ी संख्या में पार्टी पदाधिकारी और कार्यकर्ता मौजूद रहे।
समाजवादी पार्टी पिछड़ा वर्ग प्रकोष्ठ की मासिक बैठक रविवार को महानगर अध्यक्ष हाजी फजल महमूद के मार्गदर्शन में आयोजित हुई। बैठक में वर्ष 2027 के विधानसभा चुनाव की रणनीति, बूथ स्तर पर संगठन मजबूत करने और पीडीए समाज के बीच जनसंपर्क अभियान तेज करने पर जोर दिया गया। 2027 चुनाव को लेकर बनी रणनीति बैठक की अध्यक्षता पिछड़ा वर्ग प्रकोष्ठ के महानगर अध्यक्ष राजेश गोंड कश्यप ने की। इस दौरान आगामी विधानसभा चुनाव को देखते हुए संगठन को बूथ स्तर तक मजबूत बनाने और कार्यकर्ताओं की सक्रिय भागीदारी बढ़ाने पर चर्चा की गई। हाजी फजल बोले- बूथ पर मजबूत होंगे तो चुनाव जीतेंगे महानगर अध्यक्ष हाजी फजल महमूद ने कहा कि वर्ष 2027 का चुनावी समर शुरू हो चुका है। सभी कार्यकर्ता अपने-अपने बूथों पर सक्रिय होकर संगठन को मजबूत करें और पीडीए समाज के बीच जाकर समाजवादी पार्टी की नीतियों तथा राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव के कार्यकाल की उपलब्धियों को लोगों तक पहुंचाएं। उन्होंने कहा कि मजबूत संगठन और बूथ स्तर पर सक्रिय कार्यकर्ता ही चुनाव में पार्टी की सबसे बड़ी ताकत होंगे। कार्यकर्ताओं को जनसंपर्क अभियान तेज करने और आम जनता से लगातार संवाद बनाए रखने का भी आह्वान किया। बैठक में वरिष्ठ उपाध्यक्ष शैलेंद्र यादव 'मिंटू', राजेश गोंड कश्यप, सत्यनारायण गहरवार, हरभजन सिंह, हरिकेश सहित बड़ी संख्या में पार्टी पदाधिकारी और कार्यकर्ता मौजूद रहे।
अयोध्या के रुदौली कोतवाली क्षेत्र के महगूपुरवा गांव में 26 वर्षीय विवाहिता की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। रविवार तड़के उसका शव घर के अंदर फंदे से लटका मिला। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। घटना के बाद मायके पक्ष ने ससुराल वालों पर दहेज के लिए हत्या करने का आरोप लगाया है। मृतका राधा मूल रूप से गोण्डा जिले के नवाबगंज थाना क्षेत्र के सखीपुर गांव की रहने वाली थीं। उनके भाई अखिलेश यादव ने पुलिस को दी तहरीर में आरोप लगाया कि करीब तीन वर्ष पहले हुई शादी के समय ससुराल पक्ष ने बोलेरो की मांग की थी। परिवार ने अपनी क्षमता के अनुसार करीब 1.50 लाख रुपये नकद और एक पल्सर मोटरसाइकिल दी, लेकिन इसके बावजूद बोलेरो की मांग खत्म नहीं हुई। आरोप है कि मांग पूरी न होने पर राधा के साथ आए दिन मारपीट और मानसिक प्रताड़ना की जाती थी। परिजनों के मुताबिक कुछ समय पहले भी राधा के साथ मारपीट हुई थी। उस समय गांव के प्रधान की मौजूदगी में दोनों पक्षों के बीच समझौता कराया गया और उसे दोबारा ससुराल भेज दिया गया। इसके बाद भी वह अपनी मां को फोन कर प्रताड़ना की जानकारी देती रहती थी। मायके पक्ष का कहना है कि रविवार तड़के करीब तीन बजे ससुराल से फोन आया कि राधा ने फांसी लगा ली है। परिजनों का आरोप है कि उसकी हत्या कर घटना को आत्महत्या का रूप देने का प्रयास किया गया। उन्होंने मोबाइल कॉल डिटेल और अन्य साक्ष्यों की भी जांच कराने की मांग की है। रुदौली के क्षेत्राधिकारी अरविंद सोनकर ने बताया कि शव का पोस्टमार्टम करा लिया गया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट, फोरेंसिक साक्ष्यों और विवेचना में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की विधिक कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल पुलिस सभी पहलुओं की जांच कर रही है।
लखनऊ खंडपीठ के हाईकोर्ट ने लगभग 39 साल पुराने हत्या के एक मामले में दो अभियुक्तों की उम्रकैद की सजा को बरकरार रखा है। न्यायालय ने इस मामले में दर्ज मृत्युपूर्व बयान को एक महत्वपूर्ण साक्ष्य माना। हत्या के आरोप में उनकी अपील खारिज कर दी गई, जबकि बलवा के आरोप से दोनों को दोषमुक्त कर दिया गया। यह फैसला न्यायमूर्ति रजनीश कुमार और न्यायमूर्ति बबिता रानी की खंडपीठ ने राम लाल व अन्य द्वारा दायर अपील पर सुनाया। यह मामला हरदोई जिले के हरपालपुर थाना क्षेत्र से संबंधित है। अभियोजन पक्ष के अनुसार, सूबेदार नामक व्यक्ति पर आग्नेयास्त्रों और लाठियों से हमला किया गया था। गंभीर रूप से घायल सूबेदार का मृत्युपूर्व बयान दर्ज किया गया, जिसमें उसने हमलावरों पर जानलेवा हमला करने का आरोप लगाया था। बाद में सूबेदार की मृत्यु हो गई थी। निचली अदालत ने बटेश्वर और राम नरेश को हत्या के आरोप में उम्रकैद की सजा सुनाई थी। इस फैसले के खिलाफ दायर अपील की सुनवाई के दौरान, अपीलार्थी राम लाल और फुल्ला का निधन हो गया। इसके बाद, हाईकोर्ट ने शेष अभियुक्तों बटेश्वर और राम नरेश की अपील पर सुनवाई की। न्यायालय ने उपलब्ध साक्ष्यों और मामले के तथ्यों की गहन समीक्षा के बाद हत्या के आरोप में दोनों अभियुक्तों की सजा को उचित पाया। हालांकि, उन्हें बलवा के आरोप से बरी कर दिया गया। चूंकि दोनों अभियुक्त जमानत पर थे, न्यायालय ने उन्हें निचली अदालत के समक्ष आत्मसमर्पण करने का भी आदेश दिया है।
गौरेला-पेंड्रा-मरवाही जिले के कोटमी-पेंड्रा मुख्य मार्ग पर रविवार शाम बड़ा हादसा टल गया। सकोला-सोननदी घाट के पास वर्षों पुराना विशाल नीलगिरी का पेड़ अचानक सड़क पर गिर पड़ा। घटना के समय मार्ग से गुजर रहे कई वाहन और राहगीर बाल-बाल बच गए। हादसे में किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है। पेड़ गिरने के बाद कोटमी-पेंड्रा मुख्य मार्ग पूरी तरह बाधित हो गया। सड़क के दोनों ओर बसें, कारें और अन्य छोटे-बड़े वाहनों की लंबी कतार लग गई। अचानक मार्ग बंद होने से यात्रियों को काफी देर तक परेशानी झेलनी पड़ी। पुलिस ने संभाला मोर्चा, घंटों बाद खुला रास्ता घटना की सूचना मिलते ही पुलिस प्रशासन मौके पर पहुंचा। पुलिस ने यातायात को नियंत्रित करते हुए पेड़ को काटकर हटाने का काम शुरू कराया। काफी मशक्कत के बाद सड़क से पेड़ हटाया गया, जिसके बाद मार्ग पर यातायात धीरे-धीरे सामान्य हो सका। चंद सेकंड की देरी होती तो हो सकता था बड़ा हादसा स्थानीय लोगों के अनुसार, जिस समय पेड़ गिरा, उसी दौरान कई वाहन वहां से गुजर रहे थे। वाहन चालकों की सतर्कता और किस्मत अच्छी रही कि कोई वाहन पेड़ की चपेट में नहीं आया। लोगों का कहना है कि यदि कुछ सेकंड का भी अंतर होता तो बड़ा हादसा हो सकता था।
मंदसौर में आम आदमी पार्टी (आप) की जिला इकाई ने रविवार शाम को विरोध प्रदर्शन किया। यह प्रदर्शन शिक्षाविद एवं वैज्ञानिक सोनम वांगचुक को दिल्ली के जंतर-मंतर से पुलिस द्वारा हटाए जाने के विरोध में था। कार्यकर्ताओं ने हाथों पर काली पट्टी बांधकर केंद्र सरकार के खिलाफ नारेबाजी की और केंद्रीय शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग उठाई। विरोध मार्च गांधी चौराहे से शुरू होकर बस स्टैंड और घंटाघर होते हुए वापस गांधी चौराहे पर समाप्त हुआ। प्रदर्शनकारियों ने केंद्र सरकार के खिलाफ नारे लगाए और इस कार्रवाई को लोकतांत्रिक अधिकारों का दमन बताया। आप पदाधिकारियों ने कहा कि देशभर में लगातार हो रहे पेपर लीक मामलों से युवाओं का भविष्य प्रभावित हो रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि शिक्षा व्यवस्था में सुधार और अन्य मुद्दों को लेकर शांतिपूर्ण अनशन कर रहे सोनम वांगचुक को बलपूर्वक हटाना लोकतांत्रिक मूल्यों के खिलाफ है। पार्टी ने कहा कि वह इस तरह की कार्रवाई का विरोध करती रहेगी। इस प्रदर्शन में प्रदेश संगठन मंत्री यशवंत धाकड़, जिला अध्यक्ष गंगाराम पाटीदार, मीडिया प्रभारी प्रकाश दोसावत, संगठन सचिव जितेंद्र कारपेंटर, मजदूर यूनियन अध्यक्ष असलम शेख, उपाध्यक्ष धर्मेंद्र सोनगरा, अल्पसंख्यक मोर्चा शहर अध्यक्ष कमरुद्दीन नियारगर और मयंक परमार सहित बड़ी संख्या में कार्यकर्ता शामिल हुए।
बिलासपुर शहर के तारबाहर थाना क्षेत्र में फिल्मी स्टाइल का एक सनसनीखेज मामला सामने आया है। एक तेज रफ्तार कार घर का मुख्य गेट तोड़ते हुए सीधे मकान के अंदर जा घुसी। कार ने दरवाजे और खिड़कियों को भी क्षतिग्रस्त कर दिया। उस समय बरामदे में मौजूद परिवार के लोगों ने किसी तरह भागकर अपनी जान बचाई। पुलिस ने शिकायत मिलते ही आरोपी चालक को गिरफ्तार कर कार जब्त कर ली। गेट तोड़ते हुए घर के अंदर घुसी कार घटना 17 जुलाई की रात करीब 8 बजे की है। पीड़ित संजय अग्रवाल ने तारबाहर थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई कि कार क्रमांक MP-04-CX-6273 का चालक आशीष तिवारी जान से मारने की नीयत से कार लेकर उनके घर में घुस गया। कार ने मुख्य गेट तोड़ते हुए मकान के दरवाजे और खिड़कियों को नुकसान पहुंचाया। बरामदे में मौजूद लोग भागकर बचाए जान शिकायत के अनुसार, हादसे के समय परिवार के सदस्य बरामदे में मौजूद थे। कार को अपनी ओर आते देख सभी लोग तुरंत वहां से हट गए। यदि वे समय रहते नहीं भागते तो बड़ा हादसा हो सकता था। चालक उत्तराखंड का निवासी पुलिस के मुताबिक आरोपी आशीष तिवारी (45) उत्तराखंड के बद्रीपुर रोड, नेहरूग्राम, आंशिक धर्मपुर, जिला देहरादून का रहने वाला है। कार्रवाई के दौरान पुलिस ने उसका मोबाइल फोन भी जब्त कर लिया है। आरोपी गिरफ्तार, कार जब्त तारबाहर थाना पुलिस ने आरोपी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 109(1) के तहत अपराध दर्ज कर विवेचना शुरू की। आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया है। पुलिस ने वारदात में इस्तेमाल कार भी जब्त कर ली है। पुलिस कर रही कारणों की जांच तारबाहर थाना प्रभारी रविंद्र अनंत ने बताया कि आरोपी ने ऐसा क्यों किया, इसकी जांच की जा रही है। फिलहाल घटना के पीछे के कारणों का खुलासा नहीं हुआ है। पुलिस सभी पहलुओं से मामले की जांच कर रही है।
अधारताल थाना क्षेत्र में कॉपीराइट उल्लंघन का एक मामला सामने आया है। पुलिस ने खजरी खिरिया बाईपास स्थित विजय श्री सेल्स कंपनी पर छापा मारा है। कंपनी पर दूसरे ब्रांड के मशहूर रेडी-टू-ईट स्नैक्स की हूबहू नकल करने का आरोप है। यह मामला करीब 10 दिन पहले शुरू हुआ, जब टेमर भीठा स्थित 'गंगा फूड्स' कंपनी के संचालक योगेश और विनोद उपाध्याय ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई। उन्होंने बताया कि बाजार में उनके उत्पादों जैसे सामान सस्ते दामों पर बेचे जा रहे हैं, जिससे उनकी बिक्री प्रभावित हो रही है। शिकायतकर्ताओं ने अधारताल पुलिस को पुख्ता सबूत दिए थे कि उनके लोकप्रिय रेडी-टू-ईट स्नैक्स 'एबीसीडी', 'दाल चावल' और 'बिरयानी' की न केवल पैकिंग की नकल की जा रही थी, बल्कि उनके स्वाद (फ्लेवर) को भी कॉपी किया जा रहा था। इन सबूतों के आधार पर पुलिस ने मामले का संज्ञान लिया। प्राप्त साक्ष्यों और शिकायत की प्रारंभिक जांच के बाद, अधारताल पुलिस की टीम ने दोपहर 3 बजे खजरी खिरिया बाईपास स्थित आकाश गौतम की विजय श्री सेल्स इंटरप्राइजेज फैक्ट्री पर छापा मारा। पुलिस ने कॉपीराइट उल्लंघन से जुड़े संदिग्ध उत्पादों, मशीनों और पैकिंग सामग्रियों की जांच की। पुलिस ने इन सामग्रियों को कब्जे में लेते हुए फैक्ट्री को सील कर दिया। अधारताल थाना प्रभारी विपिन ताम्रकार के अनुसार, प्रथम दृष्टया कॉपीराइट कानून का स्पष्ट उल्लंघन पाया गया है, जिसके कारण यह त्वरित कार्रवाई की गई। पुलिस ने पीड़ित कंपनी की शिकायत पर माल जब्त कर फैक्ट्री सील कर दी है। आगे की वैधानिक और दंडात्मक कार्रवाई की तैयारी की जा रही है।
देवास के सिविल लाइन थाना क्षेत्र में रविवार को एक सड़क हादसे में 65 वर्षीय महिला की मौत हो गई। महिला उज्जैन में महाकाल के दर्शन कर अपनी महिला साथियों के साथ खरगोन लौट रही थी, तभी सिंगावदा के पास एक रेस्टोरेंट के सामने सड़क पार करते समय एक कार ने उन्हें टक्कर मार दी। मृतका की पहचान खरगोन जिले के बहगांव पुनर्वास गांव निवासी गहना केवट (65) के रूप में हुई। परिजनों ने बताया कि गहनाबाई अपनी कुछ महिला साथियों के साथ कार से महाकाल मंदिर के दर्शन करने उज्जैन गई थीं। दर्शन के बाद सभी वापस घर लौट रहे थे। रेस्टोरेंट पर खाने के लिए रुके थेरास्ते में सिंगावदा के पास एक रेस्टोरेंट पर भोजन के लिए रुकने के दौरान यह हादसा हुआ। सड़क पार करते समय तेज रफ्तार कार ने गहना केवट को टक्कर मार दी। उन्हें तत्काल जिला अस्पताल पहुंचाया गया, जहां चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। पुलिस ने पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया है। मृतका के परिजन रविंद्र के अनुसार, हादसे के बाद मौके पर कार की नंबर प्लेट मिली है, जिससे पता चला है कि वाहन इंदौर का है। सिविल लाइन पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है और वाहन ड्राइवर की तलाश कर रही है।
सिंहस्थ महापर्व की तैयारियों के बीच ओंकारेश्वर में निर्माणाधीन घाटों की गुणवत्ता को लेकर कांग्रेस ने सवाल खड़े किए हैं। कांग्रेस जिलाध्यक्ष उत्तमपालसिंह ने शनिवार को पदाधिकारी और जनप्रतिनिधियों के साथ निर्माणाधीन घाटों का निरीक्षण किया। निरीक्षण के बाद उन्होंने दावा किया कि घाट निर्माण में गुणवत्ता संबंधी गंभीर खामियां दिखाई दी हैं। उन्होंने प्रशासन से पूरे निर्माण कार्य की निष्पक्ष तकनीकी जांच कराकर तय मानकों के अनुरूप निर्माण सुनिश्चित करने की मांग की है। उत्तमपालसिंह ने कहा कि ओंकारेश्वर दौरे के दौरान स्थानीय लोगों ने घाट निर्माण में घटिया गुणवत्ता की शिकायतें की थीं। इन्हीं शिकायतों के आधार पर उन्होंने मौके पर पहुंचकर निर्माण कार्य का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान उन्हें एंकरिंग की गहराई (डेप्थ) पर्याप्त नहीं लगी, जिससे भविष्य में नर्मदा में बाढ़ आने की स्थिति में घाटों के उखड़ने या क्षतिग्रस्त होने की आशंका बनी रह सकती है। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि निर्माण कार्य में उपयोग की जा रही सामग्री की गुणवत्ता भी संतोषजनक नहीं दिखाई दी। बता दें कि, ओंकारेश्वर देश के प्रमुख धार्मिक और आस्था केंद्रों में शामिल है, जहां हर वर्ष लाखों श्रद्धालु पहुंचते हैं। आगामी सिंहस्थ के दौरान श्रद्धालुओं की संख्या कई गुना बढ़ जाएगी। ऐसे में घाटों का मजबूत और सुरक्षित होना बेहद जरूरी है। निर्माण कार्य में किसी भी प्रकार की लापरवाही भविष्य में बड़ी दुर्घटना का कारण बन सकती है। तकनीकी और गुणवत्ता मानकों के अनुरूप हो निर्माणउत्तमपालसिंह ने कहा कि, मां नर्मदा में जब बाढ़ आती है तो उसका जलस्तर और बहाव काफी तेज होता है। ऐसी स्थिति में मजबूत निर्माण भी चुनौती का सामना करते हैं। यदि वर्तमान में निर्माण मानकों से समझौता किया गया तो आने वाले समय में घाटों के क्षतिग्रस्त होने का खतरा बढ़ जाएगा। उन्होंने पूर्व में आई बाढ़ के दौरान घाट की दीवार को हुए नुकसान का उल्लेख करते हुए कहा कि उस अनुभव से सीख लेते हुए इस बार निर्माण कार्य पूरी गुणवत्ता और तकनीकी मानकों के अनुरूप किया जाना चाहिए। उन्होंने प्रशासन और निर्माण एजेंसी से निर्माण कार्य की स्वतंत्र तकनीकी जांच कराने, गुणवत्ता की जांच रिपोर्ट सार्वजनिक करने तथा यदि कहीं भी लापरवाही या मानकों का उल्लंघन पाया जाता है तो संबंधित एजेंसी के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने की मांग की।
नूंह जिले के तिगांव गांव में रविवार को खेत पर ट्यूबवेल चलाने गए एक 16 वर्षीय किशोर की करंट लगने से मौत हो गई। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए अल आफिया अस्पताल, मांडीखेड़ा भेज दिया है। प्राप्त जानकारी के अनुसार, तिगांव निवासी अयान (16) रविवार दोपहर लगभग 2 बजे अपने खेत में लगी सब्जी की फसल की सिंचाई के लिए ट्यूबवेल चलाने गया था। इसी दौरान वह बिजली के करंट की चपेट में आ गया। जब अयान काफी देर तक घर नहीं लौटा, तो परिजनों को चिंता हुई। परिवार के सदस्य और ग्रामीण खेत पर पहुंचे, जहां अयान अचेत अवस्था में मिला। ट्यूबवेल चालू करते वक्त लगा करंट ग्रामीणों ने तत्काल उसे बचाने का प्रयास किया और करंट से अलग कर उपचार के लिए ले जाने की कोशिश की, लेकिन तब तक उसकी मौत हो चुकी थी। घटना की सूचना पर पुलिस चौकी चांदड़ाका की टीम मौके पर पहुंची और घटनास्थल का निरीक्षण किया। पुलिस ने कानूनी औपचारिकताएं पूरी कर शव को पोस्टमार्टम के लिए अल आफिया अस्पताल, मांडीखेड़ा भिजवाया। फसल में पानी लगाने के लिए गया था मृतक के दादा जमालुद्दीन ने बताया कि उनके खेत में सब्जी की खेती की जाती है। रविवार को अयान फसल में पानी लगाने के लिए अकेले खेत गया था और ट्यूबवेल चलाते समय करंट की चपेट में आ गया। उन्होंने यह भी बताया कि अयान 7 भाई-बहनों में दूसरे नंबर पर था और पढ़ाई के साथ-साथ खेती के काम में भी परिवार की मदद करता था। चांदड़ाका चौकी प्रभारी राकेश ने बताया कि उन्हें घटना की शिकायत मिल गई है। शव का पोस्टमार्टम कराने के बाद परिजनों को सौंप दिया जाएगा। मामले में नियमानुसार कार्रवाई की जा रही है और हादसे के कारणों की जांच भी जारी है।
बालाघाट पुलिस ने पिछले साल सितंबर में कोतवाली थाना इलाके में हुई लाखों रुपए की चोरी के मामले में साउथ इंडिया के शातिर 'शेट्टी गैंग' से जुड़े आरोपी वेंकटेशन पिता रंगनाथन को 10 महीने बाद हैदराबाद से गिरफ्तार किया है। रविवार को मामले का खुलासा करते हुए एसपी आदित्य मिश्रा ने बताया कि कोतवाली पुलिस ने हैदराबाद में लगातार 21 दिनों तक डेरा डालकर आरोपी को खोज निकाला। पुलिस ने इस मामले में आरोपी के रिश्तेदार प्रभु सानिपति (निवासी चंद्रपुर, महाराष्ट्र) को भी गिरफ्तार किया है, जबकि एक अन्य आरोपी राकेश सानिपति अभी फरार है। सूने मकान से साफ किए थे 12.57 लाख यह पूरी वारदात पिछले साल 18 से 20 सितंबर के बीच कोतवाली थाना क्षेत्र के प्रभुत्तम नगर में हुई थी। चोरों ने आकाश बिसेन के सूने मकान का ताला तोड़कर सोने-चांदी के गहनों समेत 57 हजार रुपए पार कर दिए थे। कुल मिलाकर करीब 12.57 लाख की चोरी हुई थी। पुलिस को गोंदिया से हैदराबाद वापस जाने के लिए काटी गई आरोपी की रिटर्न ट्रेन टिकट से अहम सुराग मिला था, जिसके बाद से उसकी तलाश की जा रही थी। चोरी का हुनर देखकर हुआ था विवाह, जीता था लग्जरी लाइफ जांच में सामने आया है कि आरोपी वेंकटेशन का ससुराल चंद्रपुर में है और उसका पूरा ससुराल पक्ष भी चोरी की वारदातों में शामिल है। चौंकाने वाली बात यह है कि वेंकटेशन की शादी भी उसके शातिर तरीके से चोरी करने के 'गुण' को देखकर ही की गई थी। आरोपी और उसका परिवार बेहद लग्जरी जिंदगी जीता था। बालाघाट से चुराए गए सोने को उसने बिना कागजात के लोन देने वाली एक फाइनेंस कंपनी में रखा और उस रकम से एक मालवाहक गाड़ी और 2 लाख रुपये की एक महंगी बाइक खरीद ली, जिसे पुलिस ने जब्त कर लिया है। 7 राज्यों की पुलिस को थी तलाश एसपी आदित्य मिश्रा ने बताया कि आरोपी वेंकटेशन के खिलाफ बेंगलुरु, चेन्नई, छत्तीसगढ़ समेत देश के 7 राज्यों में चोरी के कई मामले दर्ज हैं। इन राज्यों की पुलिस लंबे समय से उसकी तलाश कर रही थी, लेकिन बालाघाट पुलिस ने हैदराबाद में लंबा वक्त बिताकर उसे पकड़ा। पुलिस अब आरोपियों से पूछताछ कर आगे की जांच में जुटी है।
करौली में अखिल भारतीय राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ राजस्थान (विद्यालय शिक्षा) की जिला साधारण सभा संपन्न हुई। इस बैठक में संगठन विस्तार, कार्यकर्ता निर्माण और आगामी कार्ययोजना पर चर्चा की गई। सर्वसम्मति से गोविंद देव मीणा को जिलाध्यक्ष चुना गया। बैठक की अध्यक्षता निवर्तमान जिलाध्यक्ष गिरधारी लाल नामा ने की। प्रदेश नेतृत्व के निर्देशानुसार प्रेमराज मीणा (सपोटरा) को वरिष्ठ उपाध्यक्ष और इंदिरा गुर्जर को महिला उपाध्यक्ष नियुक्त किया गया। जिला प्रवक्ता राजेंद्र दीवान ने बताया कि प्रथम सत्र में प्रदेश संयोजक (अभिलेखागार प्रकोष्ठ) शिवशंकर शर्मा ने संगठन के उद्देश्यों, कार्यप्रणाली और विस्तार की रणनीति पर मार्गदर्शन दिया। द्वितीय सत्र में प्रदेश संयुक्त मंत्री देवेंद्र कुमार शर्मा ने संगठन के लिए कार्यकर्ता निर्माण विषय पर व्याख्यान दिया, जिसमें समर्पित कार्यकर्ताओं की भूमिका पर प्रकाश डाला गया। तृतीय सत्र में राष्ट्र निर्माण में शिक्षकों की भूमिका पर चर्चा हुई। नव नियुक्त जिलाध्यक्ष गोविंद देव मीणा ने नई जिला कार्यकारिणी की घोषणा करते हुए संगठन को जिले के प्रत्येक विद्यालय तक मजबूत करने का आह्वान किया। यह बैठक रामस्नेही कीर्तिराम आदर्श विद्या मंदिर में आयोजित हुई, जिसमें जिलेभर के पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता मौजूद रहे। बैठक का संचालन रघुनंदन दत्त शर्मा ने किया।
खेरोदा में पेट्रोल पंप से डंपर चोरी:अज्ञात कार सवार बदमाश सीसीटीवी में कैद, पुलिस जांच में जुटी
वल्लभनगर उपखंड के खेरोदा थाना क्षेत्र में बामनिया स्थित एक पेट्रोल पंप से देर रात अज्ञात बदमाशों ने एक डंपर चोरी कर लिया। घटना के बाद इलाके में हड़कंप मच गया। पीड़ित की शिकायत पर खेरोदा थाना पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। मिली जानकारी के अनुसार, बामनिया स्थित पेट्रोल पंप परिसर में तीन डंपर खड़े थे। देर रात अज्ञात कार में सवार होकर आए बदमाशों ने पहले पेट्रोल पंप और आसपास की गतिविधियों की रेकी की। इसके बाद मौका पाकर बदमाशों ने तीन डंपरों में से एक डंपर चुराया और मौके से फरार हो गए। सुबह वाहन मालिक को डंपर मौके पर नहीं मिला, तब चोरी की घटना का पता चला। घटना की सूचना मिलने पर पीड़ित ने खेरोदा थाने में अज्ञात आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कराया। पुलिस ने पेट्रोल पंप पर लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली है, जिसमें संदिग्ध कार और बदमाशों की गतिविधियां कैद हुई हैं। पुलिस फुटेज के आधार पर आरोपियों की पहचान करने और चोरी हुए डंपर की तलाश में जुटी है।
हांसी में कैबिनेट मंत्री रणबीर गंगवा ने रविवार को भाजपा कार्यालय में संगठनात्मक बैठक की। उन्होंने कार्यकर्ताओं से पार्टी को बूथ स्तर तक मजबूत, सक्रिय और तकनीकी रूप से सक्षम बनाने का आह्वान किया। इसके लिए डिजिटल माध्यमों से प्रशिक्षण दिया जाएगा। भाजपा प्रदेश अध्यक्ष डॉ. अर्चना गुप्ता और प्रदेश संगठन मंत्री फणीन्द्र नाथ शर्मा ने वर्चुअल माध्यम से कार्यकर्ताओं को संबोधित किया। उन्होंने कहा कि बूथ स्तर का कार्यकर्ता ही संगठन की मजबूती का आधार है। प्रत्येक कार्यकर्ता को डिजिटल लर्निंग प्लेटफॉर्म (डीएलपी) के माध्यम से प्रशिक्षित कर संगठनात्मक गतिविधियों को प्रभावी बनाया जाएगा। बैठक में यह भी निर्णय लिया गया कि 20 और 21 जुलाई को हांसी जिले के सभी शक्ति केंद्रों पर संगठनात्मक बैठकें होंगी। बूथ स्तर तक डीएलपी प्रशिक्षण अभियान चलाकर कार्यकर्ताओं को संगठन की कार्यप्रणाली, डिजिटल तकनीकों और आगामी कार्यक्रमों के लिए तैयार किया जाएगा। 'भाजपा का संगठन ही उसकी सबसे बड़ी ताकत' कैबिनेट मंत्री रणबीर गंगवा ने जोर दिया कि भाजपा का संगठन ही उसकी सबसे बड़ी ताकत है। उन्होंने कहा कि कार्यकर्ताओं की सक्रियता और बूथ स्तर की मजबूती से ही सरकार की जनकल्याणकारी नीतियां अंतिम व्यक्ति तक पहुंच सकती हैं। उन्होंने सभी पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं से आगामी संगठनात्मक कार्यक्रमों को सफल बनाने के लिए सक्रियता से कार्य करने का आह्वान किया। बैठक में ये मौजूद रहें बैठक में विधायक विनोद भयाना, हरियाणा व्यापारी कल्याण बोर्ड के चेयरमैन राजेश ठकराल, भाजपा जिला अध्यक्ष अशोक सैनी, जिला महामंत्री धर्मबीर रतेरिया, मंडल अध्यक्ष तनुज खुराना और कार्यालय प्रभारी मनजीत जांगड़ा सहित कई पदाधिकारी व कार्यकर्ता उपस्थित थे।
लुधियाना की पॉश सोसायटी सेंट्रा ग्रीन्स की रेजिडेंट्स वेलफेयर एसोसिएशन (RWA) के चुनाव को लेकर चल रहा विवाद अब खत्म हो गया है। अदालत के आदेशों के बाद सोसायटी में चुनाव निर्विवाद रूप से संपन्न हो गए हैं। कोर्ट ने चुनाव प्रक्रिया पर रोक लगाने की मांग वाली याचिका को खारिज करते हुए स्पष्ट किया कि चुनाव को रोकने का कोई आधार नहीं बनता। शनिवार (18 जुलाई 2026) को लुधियाना के सिविल जज (जूनियर डिवीजन) गौरव गुप्ता की अदालत में शिवनेतर वर्मा बनाम सेंट्रा ग्रीन्स रेजिडेंट्स वेलफेयर एसोसिएशन मामले की सुनवाई हुई। वादी पक्ष के वकील ने चुनाव प्रक्रिया पर स्टे (Stay) लगाने की मांग की थी, जिसका बचाव पक्ष के वकील सुदेश महाजन ने कड़ा विरोध किया। अदालत ने दोनों पक्षों की दलीलें सुनने और रिकॉर्ड खंगालने के बाद चुनाव प्रक्रिया पर स्टे लगाने से इनकार कर दिया। मामले की अगली सुनवाई 6 अगस्त 2026 तय की गई थी । राजीव भल्ला ने कराई सुलह, गिले-शिकवे हुए दूर अदालती फैसले के बाद सेंट्रा ग्रीन्स में चुनाव शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न हुए। इस दौरान सोसायटी के राजीव भल्ला ने अहम भूमिका निभाते हुए सभी पक्षों के बीच चल रहे मनमुटाव को खत्म करवाया। उनकी पहल से सभी रेजिडेंट्स ने एकजुटता दिखाई और पुरानी कड़वाहट को भुलाकर एक-दूसरे से हाथ मिलाया। राजीव भल्ला ने नवगठित टीम को बधाई देते हुए सोसायटी के विकास में मिलकर काम करने का आह्वान किया। सेंट्रा ग्रीन्स RWA (2026-2028) के लिए चुनी गई नई कार्यकारिणी: नई टीम की घोषणा कर दी गई है, जिसका बोर्ड भी सोसायटी में लगा दिया गया है।
विदिशा के टीलाखेड़ी इलाके में आज (रविवार) शाम एक सड़क हादसे में 16 वर्षीय किशोर की मौत हो गई। निर्माणाधीन निजी स्कूल परिसर से मुरम डालकर निकल रहे एक डंपर ने बाइक सवार किशोर को टक्कर मार दी। गंभीर रूप से घायल किशोर को स्थानीय लोग जिला अस्पताल ले गए, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। मृतक की पहचान टीलाखेड़ी निवासी नितिन कुशवाह (16) पिता मनोहर कुशवाह के रूप में हुई। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, नितिन बाइक से घर से निकला ही था कि स्कूल परिसर से बाहर आ रहे डंपर ने उसे अपनी चपेट में ले लिया। हादसे की खबर मिलते ही परिजन और आसपास के लोगों में आक्रोश फैल गया और बड़ी संख्या में लोग निर्माणाधीन स्कूल के बाहर एकत्र होकर विरोध प्रदर्शन किया। आरोप- लापरवाही से चलाए जा रहे डंपरस्थानीय निवासी शैलेंद्र राजपूत ने बताया कि निर्माण कार्य में लगे डंपर लापरवाही और तेज रफ्तार से चलाए जाते हैं। उन्होंने चिंता व्यक्त की कि स्कूल के आसपास बच्चों की बड़ी संख्या में आवाजाही रहती है, इसके बावजूद सुरक्षा के पर्याप्त इंतजाम नहीं हैं। राजपूत ने क्षेत्र में स्पीड ब्रेकर बनाने और भारी वाहनों की आवाजाही पर नियंत्रण की मांग की। वार्ड 39 के पार्षद दीपक कुशवाह ने इस घटना पर टिप्पणी करते हुए कहा कि जिस क्षेत्र में लगातार नई कॉलोनियां और निर्माण कार्य चल रहे हैं, वहां बिना समुचित योजना के भारी वाहन संचालित किए जा रहे हैं। उन्होंने हादसे की निष्पक्ष जांच कर जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई की मांग की। पार्षद ने यह भी कहा कि निर्माण कार्य की अनुमति और सुरक्षा मानकों की भी जांच होनी चाहिए। भारी वाहनों पर सख्ती करने की मांगस्थानीय लोगों का आरोप है कि सुबह से देर शाम तक डंपर तेज रफ्तार से रिहायशी इलाकों में दौड़ते हैं। उनका कहना है कि अधिकांश वाहनों में चालक के साथ क्लीनर भी नहीं होता, जिससे मोड़ और क्रॉसिंग पर हादसों का खतरा बढ़ जाता है। लोगों ने प्रशासन से शहर में भारी वाहनों की गति सीमा तय करने और सख्ती से पालन कराने की मांग की। घटना की सूचना मिलते ही सिविल लाइन थाना पुलिस मौके पर पहुंची और डंपर को जब्त कर लिया। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। सिविल लाइन थाना प्रभारी राजपाल सिंह जादोन का कहना है कि जांच के आधार पर आगे की वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।
स्कूली बच्चों की सुरक्षा को लेकर रायपुर यातायात पुलिस ने विशेष अभियान चलाया। पुलिस परेड ग्राउंड में आयोजित मैकेनिकल जांच और स्वास्थ्य परीक्षण शिविर में शहर के 38 स्कूलों की 360 बसों की जांच की गई। निरीक्षण के दौरान 22 बसों में सुरक्षा संबंधी खामियां मिलीं। इसके बाद मोटरयान अधिनियम के तहत संबंधित बसों पर कार्रवाई करते हुए कुल 53 हजार रुपए का चालान किया गया। वहीं स्वास्थ्य जांच में 22 बस चालकों में दूर दृष्टिदोष और 48 चालक-परिचालकों में हाई बीपी, शुगर की समस्या सामने आई। पुलिस उपायुक्त के निर्देश पर जांच पुलिस उपायुक्त (यातायात और प्रोटोकॉल) डॉ. अर्चना झा के निर्देश पर आयोजित शिविर में एमटी वर्कशॉप अमलेश्वर, जायका ऑटोमोबाइल, स्वराज माजदा, आयशर और फोर्स मोटर्स के विशेषज्ञों ने बसों की तकनीकी जांच की। इस दौरान स्कूल बस का पीला रंग, जीपीएस, सीसीटीवी, फायर एक्सटिंग्विशर, स्पीड गवर्नर, फर्स्ट एड बॉक्स, फिटनेस, बीमा, परमिट, चालक का अनुभव सहित 16 सुरक्षा मानकों की जांच की गई। जल्द कमियां दूर करने के निर्देश जांच के बाद जिन बसों में खामियां मिलीं, उनके खिलाफ कार्रवाई करते हुए संबंधित स्कूल प्रबंधन को जल्द कमियां दूर करने के निर्देश दिए गए। इसके अलावा बसों में पिंक पेट्रोलिंग और यातायात हेल्पलाइन नंबर भी चस्पा किए गए। ड्रायवरों को अफसरों ने सिखाया फायर एक्सटिंग्विशर चलाना शिविर में अग्निशमन विभाग के अधिकारियों ने बस चालकों को आग लगने की स्थिति में बचाव के तरीके बताए और फायर एक्सटिंग्विशर के उपयोग का व्यावहारिक प्रशिक्षण भी दिया। वहीं श्री नारायणा हॉस्पिटल, छत्तीसगढ़ नेत्रालय और जिला अस्पताल के विशेषज्ञ डॉक्टरों ने चालक-परिचालकों का स्वास्थ्य और नेत्र परीक्षण किया। पुलिस बोली- सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता अतिरिक्त पुलिस उपायुक्त (यातायात) विवेक शुक्ला ने कहा कि स्कूली विद्यार्थियों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है। इसी उद्देश्य से हर वर्ष सुप्रीम कोर्ट के दिशा-निर्देशों के अनुरूप स्कूल बसों का निरीक्षण और चालकों का स्वास्थ्य परीक्षण कराया जाता है, ताकि बच्चों की सुरक्षित यात्रा सुनिश्चित हो सके।
भिंड के मिहोना नगर परिषद में गुटबाजी और भेदभाव के आरोप अब खुलकर सामने आ गए हैं। अनुसूचित जाति वर्ग के तीन पार्षदों ने कलेक्टर को ज्ञापन सौंपकर आरोप लगाया कि परिषद में उनके वार्डों की लगातार उपेक्षा की जा रही है। उनका कहना है कि वार्ड क्रमांक 4, 11 और 15 में पेयजल, सड़क, सीवर और नाली जैसी मूलभूत समस्याएं बनी हुई हैं, लेकिन परिषद उनकी शिकायतों पर ध्यान नहीं दे रही। पार्षदों ने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने और दोषियों पर कार्रवाई की मांग की है। वार्ड-15 के पार्षद राजेश शितोले, वार्ड-11 की रेनू बरसेना और वार्ड-4 की उषा दौहरे ने ज्ञापन में आरोप लगाया कि नगर परिषद की बैठकों, विकास कार्यों और प्रशासनिक निर्णयों में उनके साथ भेदभाव किया जाता है। उनके सुझावों को नजरअंदाज किया जाता है और विकास योजनाओं में उनके वार्डों को प्राथमिकता नहीं दी जाती। पार्षद राजेश शितोले ने कहा कि उनके वार्ड में पेयजल का गंभीर संकट है। नल-जल योजना और बोरिंग का पानी लोगों तक नहीं पहुंच रहा। वार्डवासी रोज शिकायत करते हैं, लेकिन परिषद में उनकी कोई सुनवाई नहीं होती। उनका आरोप है कि परिषद में केवल कुछ चुनिंदा लोगों के वार्डों में ही विकास कार्य कराए जा रहे हैं। ज्ञापन में नगर परिषद के विकास कार्यों और वित्तीय लेन-देन में अनियमितता एवं भ्रष्टाचार के आरोप भी लगाए गए हैं। पार्षदों ने मांग की है कि सभी विकास कार्यों और खर्चों की स्वतंत्र एजेंसी से जांच कराई जाए तथा दोषी अधिकारी, कर्मचारी या जनप्रतिनिधि मिलने पर उनके खिलाफ वैधानिक कार्रवाई की जाए। पार्षदों ने यह भी आरोप लगाया कि सूचना का अधिकार (RTI) के तहत मांगी गई जानकारी भी समय सीमा में उपलब्ध नहीं कराई गई, जिससे तथ्यों को छिपाने की आशंका पैदा होती है। उन्होंने कलेक्टर से आरटीआई की जानकारी तत्काल उपलब्ध कराने और जिम्मेदार अधिकारियों की भूमिका की भी जांच कराने की मांग की है।
बैतूल में कार-बाइक भिड़ंत, बाइक जलकर खाक:दो छात्र घायल, दोनों के पैरों में फ्रैक्चर; पुलिस जांच जारी
बैतूल के रानीपुर रोड पर रविवार शाम एक कार और बाइक की आमने-सामने की टक्कर हो गई। बंजारी माई मंदिर के पास हुए इस हादसे में बाइक में भीषण आग लग गई और वह पूरी तरह जलकर खाक हो गई। बाइक सवार दो छात्र गंभीर रूप से घायल हो गए, जबकि कार चालक सुरक्षित है। घायलों की पहचान जमवाड़ा, आमला निवासी 18 वर्षीय मोहित दवांडे और 21 वर्षीय शिवम जगदीश के रूप में हुई है। दोनों बीकॉम के छात्र हैं। रविवार को वे सारणी घूमने गए थे और लौटते समय रानीपुर रोड पर इस हादसे का शिकार हो गए। घायल मोहित ने बताया कि मोड़ पर दोनों वाहन एक-दूसरे को समय पर नहीं देख पाए, जिससे सीधी टक्कर हो गई। उसके अनुसार, कार की टक्कर के बाद बाइक में आग लग गई। हादसे में मोहित और शिवम दोनों के पैरों में फ्रैक्चर हुआ है। उन्हें इलाज के लिए जिला अस्पताल के ट्रॉमा सेंटर में भर्ती कराया गया है। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, टक्कर के तुरंत बाद बाइक से आग की लपटें उठने लगीं। आसपास मौजूद लोगों ने दोनों युवकों को सुरक्षित बाहर निकाला, लेकिन बाइक पूरी तरह जलकर खाक हो गई। हादसे में शामिल कार राजस्थान नंबर RJ-20 CE-7676 की स्विफ्ट कार है। कोतवाली पुलिस के मुताबिक कार चालक को किसी प्रकार की चोट नहीं आई है। सूचना मिलने पर कोतवाली पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने क्षतिग्रस्त वाहनों को सड़क से हटवाकर यातायात सामान्य कराया। पुलिस ने मामला दर्ज कर दुर्घटना के कारणों की जांच शुरू कर दी है। प्रारंभिक जांच में मोड़ पर कम विजिबिलिटी को हादसे का कारण माना जा रहा है।
धमतरी जिले के रुद्री गांव में 9वीं कक्षा के एक छात्र ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। घटना के बाद पूरे गांव में सनसनी फैल गई। खास बात यह है कि करीब 8-9 साल पहले छात्र के पिता ने भी फांसी लगाकर आत्महत्या की थी। पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कर परिजनों को सौंप दिया है और मामले की जांच शुरू कर दी है। जानकारी के अनुसार, ग्राम रुद्री निवासी तीरथ कुमार ध्रुव कक्षा 9वीं का छात्र था। रविवार को उसकी मां मजदूरी करने गई हुई थी। जब वह शाम को घर लौटी तो तीरथ घर के अंदर फांसी के फंदे पर लटका मिला। परिजनों ने उसे तुरंत फंदे से उतारकर जिला अस्पताल पहुंचाया, लेकिन डॉक्टरों ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया। 9 साल पहले पिता ने भी की थी आत्महत्या परिजनों ने बताया कि करीब 8-9 साल पहले तीरथ के पिता ने भी फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली थी। परिवार के लोगों के अनुसार, तीरथ कभी-कभी यह बात कहता था कि पिता उसे बुला रहे हैं। हालांकि पुलिस इस संबंध में भी जांच कर रही है और फिलहाल किसी निष्कर्ष पर नहीं पहुंची है। आत्महत्या का कारण स्पष्ट नहीं घटना के पीछे की वजह अभी सामने नहीं आई है। पुलिस ने मर्ग कायम कर लिया है और छात्र के आत्मघाती कदम उठाने के कारणों की जांच की जा रही है। परिजनों और आसपास के लोगों के बयान भी दर्ज किए जा रहे हैं। पुलिस कर रही सभी पहलुओं की जांच पुलिस का कहना है कि पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया है। मामले की हर पहलू से जांच की जा रही है। जांच पूरी होने के बाद ही आत्महत्या के कारणों का खुलासा हो सकेगा।
गुरुग्राम जिले में पुलिस की अपराध शाखा सेक्टर-17 ने कार के टायर और स्पेयर पार्ट्स चोरी करने वाले एक गिरोह का भंडाफोड़ किया है। पुलिस ने इस मामले में 2 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। इनके कब्जे से चोरी का सामान और वारदात में इस्तेमाल की गई कार बरामद हुई है। यह कार्रवाई 11 जुलाई को थाना खेड़की दौला में दर्ज एक शिकायत के बाद शुरू हुई। शिकायतकर्ता ने बताया था कि सेक्टर-86 से उसकी कार के टायर चोरी हो गए थे। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू की थी। गिरफ्तार आरोपी यूपी के रहने वाले मामले की गंभीरता को देखते हुए, अपराध शाखा सेक्टर-17 की टीम ने 15 जुलाई को लेजर वैली पार्क के पास से 2 संदिग्धों को पकड़ा। इनकी पहचान रवि कुमार (23) और ऋषभ (23) के रूप में हुई है। दोनों उत्तर प्रदेश के एटा जिले के मूल निवासी हैं और वर्तमान में नाहरपुर, मानेसर (गुरुग्राम) में रह रहे थे। कोर्ट में पेश करने के बाद पुलिस ने दोनों को 3 दिन के रिमांड पर लिया है। 3 अन्य वारदातों को अंजाम देने की बात कबूली पुलिस पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि ऋषभ टैक्सी चलाता है और रवि एक कंपनी में कार्यरत है। वे रात के समय ऋषभ की गाड़ी में घूमकर पॉश इलाकों की रेकी करते थे और मौका मिलते ही गाड़ियों के टायर चुरा लेते थे। आरोपियों ने गुरुग्राम में चोरी की 3 अन्य वारदातों को अंजाम देने की बात भी कबूल की है, जिससे कुल चार वारदातों का खुलासा हुआ है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से वारदात में इस्तेमाल की गई कार, 8 एलॉय व्हील, एक टायर, एक बैटरी और कुछ स्पेयर पार्ट्स बरामद किए हैं। इस मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई जारी है।
बालोतरा में पुलिस की टीमों ने डोडा-पोस्त तस्करों का पीछा किया। इस दौरान एक तस्कर ने कॉन्स्टेबल पर फायर कर दिया। कांस्टेबल ने सूझबूझ से फायर बचते हुए लगातार पीछा किया। टीमों ने दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया, वहीं दो को डिटेन किया है। कार में भरे 228 किलो डोडा-पोस्त जब्त किए हैं। आरोपियों के कब्जे से देशी कट्टा मय जिंदा कारतूस और 2 खाली कारतूस बरामद किए। बालोतरा जिले की समदड़ी पुलिस, डीएसटी ने ऑपरेशन विषंभजन के तहत कार्रवाई शनिवार देर शाम को की थी। रात को भी जारी रही। एसपी रमेश ने बताया- डीएसटी प्रभारी आईदानराम ने बताया कि विश्वसनीय मुखबिर से सूचना मिली थी कि रोहित कुमार पुत्र ओमप्रकाश निवासी पुनासा, थाना भीनमाल जिला जालोर, जो पहले से थाना सिणधरी इलाके में डोडा-पोस्त से भरी स्कॉर्पियों के मामले में संदिग्ध है। पाली से समदड़ी की ओर से किआ सेल्टोस में आ रहा है। सूचना पर गांव मजल में नाकाबंदी की गई। वाहन रोकने का इशारा करने पर कच्चे रास्ते से भागे पुलिस ने कार को रुकवाने का इशारा किया। लेकिन कार कच्चे रास्ते की ओर भगाकर ले गया। लगातार पीछा करने के दौरान वाहन का आगे का टायर फट जाने से वाहन रुक गया। इसके बाद दोनो आरोपी बबूल की झाड़ियों की तरफ भाग निकले। शंकरलाल ने कॉन्स्टेबल पर किया फायर टीमों की और से लगातार पीछा करने पर आरोपी शंकरलाल ने अपनी कमर में छिपा रखा देशी कट्टा निकालकर कांस्टेबल शेभूराम पर जान से मारने की नीयत से निशाना लगातार फायर किया। लेकिन कांस्टेबल ने शंभुराम ने तस्कर की ओर से की गई फायरिंग से बचते हुए आरोपी को लोडेड हथियार समेत पकड़ लिया। पुलिस की टीमों ने लगातार पीछा करते हुए दूसरे भागे तस्कर को पकड़ लिया। पूछताछ में उसकी पहचान रोहित कुमार पुत्र ओमप्रकाश निवासी पुनासा,जालोर और शंकरलाल पुत्र सोनाराम निवासी सोनड़ी, सेड़वा जिला बाड़मेर के रूप में हुई। एक देशी कट्टा, मैगजीन एक जिंदा कारतूस बरामद टीमों ने आरोपी शंकरलाल की तलाशी लेने पर एक देशी कट्टा, मैगजीन और एक जिंदा कारतूस बरामद किया। वहीं किया सेल्टोस की तलाशी लेने पर पीछे की सीट, डिक्की समेत वाहन में से 228.150 किलोग्राम अवैध डोडा-पोस्त जब्त की। साथ ही कार में से अलग-अलग नंबरों की 14 नंबर प्लेट्स भी मिली है। अलग-अलग फास्टटैग टोल नाकों पर पुलिस व उसके मुखबिर से बचने के लिए उपयोग में लेते थे। दोनों आरोपियों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज कर जांच की जा रही है। एस्कॉर्ट कर रही एक स्विफ्ट कार पकड़ी जांच एवं आरोपियों से पूछताछ के दौरान सूचना के आधार पर एस्कॉर्ट कर रही एक शिफ्ट कार को थाना बिशनगढ़ के सहयोग से डिटेन की गई। वाहन से ओमप्रकाश पुत्र ठाकराराम एवं रमेश पुत्र भागीरथराम दोनों निवासी भिये की बेरी, सोनड़ी थाना सेड़वा जिला बाड़मेर को डिटेन किया गया। रोहित गुजरात का वांटेड टीमों की ओर से की गई पूछताछ में सामने आया है कि रोहित पुत्र ओमप्रकाश गुजरात के जिला डीसा के थाना धानेरा में अवैध शराब तस्करी के एक मामले में करीबन 2 साल से फरार चल रहा हे। गिरफ्तारी से बचने के लिए वास्तवित पहचान छिपाने के लिए अपने पास फर्जी आधार कार्ड रखकर उसकी के आधार पर विभिन्न स्थानों पर आता-जाता था। इनपुट : महावीर सेन
कल्याणपुर में निशुल्क करियर सेमिनार:छात्रों को करियर विकल्प और प्रतियोगी परीक्षाओं के मिले टिप्स
कल्याणपुर कस्बे में शनिवार को निशुल्क करियर काउंसलिंग और शैक्षणिक सेमिनार का आयोजन किया गया। इसमें विद्यार्थियों को करियर के विभिन्न विकल्पों और प्रतियोगी परीक्षाओं में सफलता के लिए महत्वपूर्ण सुझाव दिए गए। सेमिनार के मुख्य वक्ता जिले के सहायक जनसंपर्क अधिकारी जयेश पण्डया थे। उन्होंने 10वीं और 12वीं के बाद विद्यार्थियों को विभिन्न संकायों और विषयों के आधार पर उपलब्ध करियर विकल्पों की विस्तृत जानकारी दी। पण्डया ने छात्रों को अपनी रुचि, क्षमता और लक्ष्य के अनुरूप सही करियर चुनने और विभिन्न क्षेत्रों में सफलता के अवसर प्राप्त करने के तरीके बताए। इस दौरान, अभ्यर्थियों को प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी की रणनीति, समय प्रबंधन, अध्ययन की प्रभावी तकनीकें और सकारात्मक सोच के महत्व पर भी विस्तार से चर्चा की गई। विद्यार्थियों को आगामी प्रतियोगी परीक्षाओं में भाग लेने के लिए प्रेरित करते हुए सफलता प्राप्त करने के व्यावहारिक सुझाव दिए गए। राजकुमार प्रजापत ने सरकारी और निजी क्षेत्र में उपलब्ध रोजगार के अवसरों, आवश्यक कौशल और भविष्य की संभावनाओं से विद्यार्थियों को अवगत कराया। सेमिनार में आसपास के स्कूली विद्यार्थियों और प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे अभ्यर्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया और करियर संबंधी अपनी जिज्ञासाओं का समाधान प्राप्त किया। इस अवसर पर विकास कंप्यूटर सेंटर के रणजीत परमार, संस्थान स्टाफ कोमल प्रधान और संगीता रोहिल्ला सहित कई गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे।
कुरुक्षेत्र जिले के मथाना गांव में प्लास्टिक पाइप बनाने वाली फैक्ट्री में काम की तलाश में आया वर्कर पानी के टैंक में डूबने मौत हो गई। वह 5 दिन पहले ही पंजाब से काम की तलाश में अपने भाई के पास मथाना आया था। वह पैर फिसलने से पानी में गिरा, लेकिन उससे बाहर नहीं आया गया। मृतक की पहचान यूपी के बहराइच जिले के अडुका गांव के 20 साल के ननकुन के रूप में हुई है। ननकुन अपने भाई चंद्रिका, मोती लाल और पंकज से छोटा था। परिवार के लोग उसके लिए रिश्ता देख रहे थे। मथाना गांव में काम मिलने के बाद उसे भी अपने गांव वापस जाना था, लेकिन उससे पहले ननकुन की मौत हो गई। 14 जुलाई को आया था भाई के पास मोती लाल ने बताया कि उसका छोटा भाई ननकुन पहले पंजाब में किसी फैक्ट्री में काम करता था। वहां से काम छोड़कर ननकुन 14 जुलाई को कुरुक्षेत्र आया था। यहां उसने अपने भाई को मथाना गांव की प्लास्टिक पाइप फैक्ट्री के ठेकेदार से मिलवाया था। अभी उसे फैक्ट्री में काम नहीं मिला था। टैंक के पास ही नहा रहा था बताया जा रहा है कि इस दौरान उसका भाई मोती लाल गांव चला गया, लेकिन ननकुन नौकरी की तलाश में फैक्ट्री में उसके भाई के दोस्त और अन्य वर्कर के पास रुक गया। यहां ननकुन शाम को फैक्ट्री के पास बने करीब 10 फीट गहरे पानी के टैंक के पास अपने कुछ साथियों के साथ नहा रहा था। कुछ देर बाद साथी अपने काम पर लौट गए, जबकि ननकुन वहीं अकेला रह गया। खुद जाल हटाकर नहाने लगा उनके जाने के बाद उसने टैंक के ऊपर लगा लोहे का सुरक्षा जाल हटा दिया और नहाने लगा। इस दौरान उसका पैर फिसल गया और वह सीधे गहरे पानी में जा गिरा। उसने टैंक से बाहर निकलने की काफी कोशिश की, लेकिन उससे बाहर नहीं निकला गया। काफी देर तक ननकुन नहीं लौटा तो फैक्ट्री के अन्य कर्मचारी उसे देखने पहुंचे। जाल हटा देख कर्मचारियों को हुआ शक टैंक के पास पहुंचने पर उन्होंने देखा कि उसके ऊपर लगे लोहे के जाल को हटाया हुआ है। शक होने पर अंदर देखा तो ननकुन पानी में पड़ा मिला। उसे तुरंत बाहर निकालकर अस्पताल ले जाया गया, लेकिन तब तक उसकी मौत हो चुकी थी। परिवार के लोग ननकुन की शादी के लिए रिश्ता देख रहे थे। पुलिस ने पोस्टमॉर्टम के बाद शव सौंपा थाना सदर थानेसर पुलिस ने मृतक के पिता मुरली के बयान के आधार पर इत्तफाकिया रिपोर्ट दर्ज की। पोस्टमॉर्टम कराने के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया। फिलहाल पुलिस मामले की जांच में जुटी है।
छतरपुर जिले के सिविल लाइन थाना क्षेत्र के ग्राम कदारी में घरेलू विवाद के चलते एक बुजुर्ग ने कथित तौर पर जहरीला पदार्थ खाकर आत्महत्या कर ली। 68 वर्षीय अनंत राम सेन को गंभीर हालत में पहले जिला अस्पताल और फिर निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया था, जहां इलाज के दौरान उनकी मृत्यु हो गई। पुलिस के अनुसार, मृतक अनंत राम सेन के बेटे शिवानंद सेन ने बगौता निवासी काजल यादव से प्रेम विवाह किया था। इस दंपती का एक बेटा भी है। परिजनों ने बताया कि शादी के बाद से ही शिवानंद और काजल के बीच अक्सर विवाद होता रहता था। कुछ दिन पहले भी उनके बीच का विवाद सिविल लाइन थाने पहुंचा था, जहां पुलिस की समझाइश के बाद दोनों साथ रहने पर सहमत हुए थे। बताया गया है कि रविवार सुबह करीब 8 बजे शिवानंद और काजल के बीच एक बार फिर कहासुनी शुरू हो गई। घर में रोज-रोज के झगड़ों से पहले से ही मानसिक रूप से परेशान अनंत राम सेन ने दंपती को समझाने का प्रयास किया। जब विवाद नहीं रुका, तो उन्होंने कथित तौर पर जहरीले पदार्थ का सेवन कर लिया। इलाज के दौरान बुजुर्ग ने दम तोड़ाघटना के तुरंत बाद परिजन अनंत राम सेन को जिला अस्पताल ले गए। प्राथमिक उपचार के बाद उनकी गंभीर हालत को देखते हुए उन्हें एक निजी अस्पताल रेफर कर दिया गया, जहां इलाज के दौरान उनकी मृत्यु हो गई। सिविल लाइन थाना पुलिस ने इस मामले की जांच शुरू कर दी है। पुलिस का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट और विस्तृत जांच के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। पुलिस यह भी पता लगा रही है कि किन परिस्थितियों में बुजुर्ग ने यह कदम उठाया।
चित्तौड़गढ़ शहर के कई अलग-अलग कॉलोनियों में चोरों ने वारदात को अंजाम देने की कोशिश की। रूप नगर में परिवार के बाहर होने का फायदा उठाकर चोर सूने मकान से करीब 5 से 6 लाख रुपए के गहने ले गए, जबकि एकलिंगपुरी में सात संदिग्ध एक मकान में घुसने की कोशिश कर रहे थे। इसी दौरान कुत्तों के भौंकने से उनकी योजना पूरी नहीं हो सकी और वे मौके से भाग निकले। रविवार दोपहर को सीसीटीवी फुटेज देखने पर पूरी घटना सामने आई। इसके अलावा खमेसरा नगर में भी चोरी की बात सामने आई है। एक ही रात में कई जगहों पर हुई इन घटनाओं से इलाके के लोगों में डर का माहौल है। शुरुआती जांच में चोरों के चड्डी-बनियान गिरोह से जुड़े सदस्य होने की आशंका है। सभी चोरों ने अपने मुंह भी ढक रखे थे। रूप नगर में सूने मकान को बनाया निशाना रूप नगर में रहने वाले सरकारी टीचर बजरंग कुमावत अपनी पत्नी के साथ गोवा घूमने गए हुए थे। उनका बेटा जयपुर में नौकरी करता है। घर बंद होने की जानकारी चोरों को मिल गई और शनिवार देर रात उन्होंने ताला तोड़कर अंदर प्रवेश कर लिया। रविवार सुबह पड़ोसियों ने मकान का टूटा हुआ ताला देखा तो तुरंत बजरंग कुमावत को फोन कर सूचना दी। इसके बाद उनके बेटे को भी जयपुर से बुलाया गया। शाम को घर पहुंचकर उसने सामान देखा तो पता चला कि घर में रखे करीब 5 से 6 लाख रुपए के गहने गायब हैं। सूचना मिलने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची और घटनास्थल का जायजा लिया। पुलिस आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की भी जांच कर रही है, ताकि चोरों तक पहुंचा जा सके। एकलिंगपुरी में चार संदिग्ध कैमरे में कैद उसी रात एकलिंगपुरी कॉलोनी में भी चार संदिग्ध एक मकान में घुसने की कोशिश करते नजर आए। कॉलोनी निवासी एडवोकेट ओमप्रकाश शर्मा ने बताया कि लोकेश पोरवाल और राकेश बसवाल के मकान पास-पास हैं। देर रात चार लोग वहां पहुंचे। इसके अलावा आसपास की गलियों में भी सात चोर नजर आए। एक सीसीटीवी फुटेज में सात चोर घूमते हुए नजर आए। वहीं दूसरे सीसीटीवी फुटेज में एक व्यक्ति मकान में घुसने की कोशिश कर रहा था, जबकि बाकी तीन बाहर खड़े होकर नजर रख रहे थे। इसी दौरान कॉलोनी के कुत्ते लगातार भौंकने लगे। आवाज सुनकर चोर घबरा गए और बिना वारदात किए वहां से भाग निकले। रविवार दोपहर बाद जब लोकेश पोरवाल ने अपने घर के सीसीटीवी कैमरे की रिकॉर्डिंग देखी तो पूरी घटना सामने आई। फुटेज में सभी संदिग्ध साफ नजर आ रहे हैं। इसके बाद इस वारदात की जानकारी कोतवाली पुलिस को दी गई। लोगों ने पुलिस से गश्त बढ़ाने की मांग एक ही रात में पास-पास के कई कॉलोनियों को निशाना बनाए जाने से लोगों में चिंता बढ़ गई है। स्थानीय लोगों का कहना है कि संदिग्धों का तरीका देखकर ऐसा लग रहा है कि यह वही गैंग हो सकता है, जो बंद मकानों की रेकी कर देर रात वारदात करने के लिए जाना जाता है। लोगों ने पुलिस से रात के समय गश्त बढ़ाने, संदिग्ध लोगों पर नजर रखने और कॉलोनियों में सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने की मांग की है। वहीं पुलिस का कहना है कि दोनों घटनाओं की जांच की जा रही है। सीसीटीवी फुटेज और आसपास से मिले अन्य सुरागों के आधार पर संदिग्धों की पहचान करने का प्रयास किया जा रहा है।
निर्माणाधीन ओवरब्रिज से कार पर गिरा पिलर:सिवनी में गाड़ी क्षतिग्रस्त, सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम नहीं
सिवनी शहर के नागपुर रोड पर बन रहे रेलवे ओवरब्रिज पर रविवार शाम एक बड़ा हादसा होते-होते टल गया। पुल निर्माण के दौरान ऊपर से एक भारी लोहे का पिलर अचानक नीचे से निकल रही एक कार पर जा गिरा। इस घटना में कार बुरी तरह पिचक गई, हालांकि गनीमत यह रही कि कार में बैठे सभी लोग सुरक्षित बच गए। चश्मदीदों के मुताबिक, जैसे ही कार निर्माणाधीन ओवरब्रिज के नीचे से गुजर रही थी, ऊपर चल रहे काम के बीच लोहे का भारी हिस्सा अचानक नीचे आ गिरा। तेज आवाज के साथ पिलर कार की छत और अगले हिस्से से टकराया, जिससे गाड़ी को भारी नुकसान पहुंचा। आसपास के लोगों ने तुरंत दौड़कर कार में फंसे लोगों को बाहर निकाला। राहत की बात यह रही कि किसी को गंभीर चोट नहीं आई। सीसीटीवी में कैद हुई घटना, बाल-बाल बचीं जिंदगियां घटना के वीडियो और पास में लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज भी सामने आए हैं, जिसमें लोहे का भारी हिस्सा ओवरब्रिज से नीचे गिरता हुआ साफ दिखाई दे रहा है। यदि उस वक्त वहां से कोई बाइक सवार, स्कूल बस, एम्बुलेंस या पैदल चलने वाले लोग गुजर रहे होते, तो एक बहुत बड़ी अनहोनी हो सकती थी। लंबे समय से चल रहा है काम, सुरक्षा पर उठे सवाल नागपुर रोड पर रेलवे ओवरब्रिज का निर्माण लंबे समय से चल रहा है। इस काम की वजह से लोगों को कई महीनों से दूसरे रास्ते से घूमकर 3 से 4 किलोमीटर की अतिरिक्त दूरी तय करनी पड़ रही है। जनता को उम्मीद थी कि पुल बनने से आने-जाने में आसानी होगी, लेकिन इस हादसे ने काम की क्वालिटी और सुरक्षा इंतजामों पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। सुरक्षा जाली और चेतावनी बोर्ड न होने से नाराजगी स्थानीय लोगों का कहना है कि निर्माण वाली जगह पर सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम नहीं हैं। ऊपर काम चलने और नीचे से गाड़ियों की आवाजाही जारी रहने के बावजूद वहां कोई सुरक्षा जाल (नेट), चेतावनी बोर्ड या निगरानी करने वाले कर्मचारी तैनात नहीं थे। लोगों ने निर्माण एजेंसी और संबंधित विभाग से इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों पर कार्रवाई करने और आगे से ऐसे हादसों को रोकने के लिए कड़े कदम उठाने की मांग की है।
खरगोन के गौर राधा गोपीनाथ मंदिर (इस्कॉन) में रविवार शाम भगवान जगन्नाथ, बलभद्र और माता सुभद्रा की रथयात्रा का महोत्सव मनाया गया। इस दौरान भगवान ने वृंदावन की विशेष केसरिया पोशाक में भक्तों को दर्शन दिए। यह रथयात्रा का पांचवां वर्ष था। वृंदावन से आए विशेष पुजारी दल ने वैदिक परंपरा के अनुसार पूजा-अर्चना और सेवा कार्य संपन्न कराए। यात्रा शाम 4:30 बजे वैदिक ब्रह्म स्तुति और भगवान की मंगल आरती के बाद शुरू हुई। भगवान को विशेष रूप से सजाए गए रथ पर विराजित किया गया। इस यात्रा में शहर और आसपास के 10 से अधिक गांवों से लगभग 5000 श्रद्धालु शामिल हुए। श्रद्धालुओं ने लगभग 100 फीट लंबी रस्सी से भगवान के रथ को खींचा। इस दौरान हरिनाम संकीर्तन चलता रहा, जिसमें भक्तों ने मृदंग और करताल पर नृत्य किया। लगभग 2 किलोमीटर का भ्रमण करने के बाद रथयात्रा देर शाम 7:30 बजे मंदिर परिसर में संपन्न हुई। इसके बाद गौर आरती और गोवर्धन लीला पर आधारित सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किए गए।
जशपुर जिले के नारायणपुर थाना क्षेत्र के ग्राम कलिया में एक व्यक्ति की हत्या का मामला सामने आया है। आरोप है कि शराब के नशे में धुत बेटे ने मामूली विवाद के बाद अपने पिता पर लकड़ी की फाड़ी से हमला कर उनकी हत्या कर दी। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया है। पुलिस के अनुसार, अजय कुमार नाग (30) ने 16 जुलाई को थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई। उन्होंने बताया कि वह पत्नी और बच्चों के साथ खेत गए थे, जबकि घर पर उनके माता-पिता और बड़े भाई पूना राम नाग (35) मौजूद थे। शाम को सूचना मिली कि बड़े भाई ने पिता बंधु नाग (52) की हत्या कर दी है। घर पहुंचने पर उन्होंने पिता को आंगन में मृत अवस्था में पाया। डांट से नाराज होकर किया हमला मृतक की पत्नी ने बताया कि पूना राम शराब पीकर घर आया था। पिता ने उसे काम-धंधा करने की सलाह दी, जिससे वह भड़क गया। उसने आंगन में पड़ी लकड़ी की फाड़ी उठाकर पिता के सिर और कनपटी पर कई वार कर दिए। गंभीर चोट लगने से बंधु नाग की मौके पर ही मौत हो गई। आरोपी ने जुर्म कबूला सूचना मिलते ही नारायणपुर पुलिस मौके पर पहुंची और पंचनामा कार्रवाई के बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा। हिरासत में लेकर पूछताछ करने पर आरोपी ने गुस्से में हमला करने की बात स्वीकार कर ली। हत्या में प्रयुक्त फाड़ी जब्त पुलिस ने आरोपी के कब्जे से हत्या में प्रयुक्त लकड़ी की फाड़ी बरामद कर ली है। उसके खिलाफ बीएनएस की धारा 103 के तहत हत्या का मामला दर्ज किया गया है। एसएसपी ने दी जानकारी एसएसपी डॉ. लाल उमेद सिंह ने बताया कि पिता की हत्या करने वाले आरोपी बेटे को त्वरित कार्रवाई करते हुए गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया है। मामले में आगे की विधिसम्मत कार्रवाई जारी है।
खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन (FSDA) ने लखनऊ पुलिस के साथ संयुक्त कार्रवाई में नकली और अवैध दवाओं के अंतरराज्यीय नेटवर्क का खुलासा किया है। अमीनाबाद, बीकेटी और गोंडा में हुई छापेमारी के दौरान लाखों रुपये की संदिग्ध दवाएं बरामद हुईं। जांच में नेटवर्क की कड़ी राजस्थान तक जुड़ी मिली है। मामले में आठ आरोपियों के खिलाफ एफआईआर की कार्रवाई शुरू कर दी गई है। अमीनाबाद के अवैध गोदाम पर छापा एफएसडीए के औषधि निरीक्षक संदेश मौर्य और विवेक कुमार सिंह ने 8 और 9 जुलाई को लखनऊ पुलिस के साथ अमीनाबाद स्थित एक अवैध गोदाम पर छापा मारा। यहां बड़ी मात्रा में एलोपैथिक दवाओं का अवैध भंडारण मिला। जांच के दौरान कई नामी कंपनियों की दवाओं के लेबल पर प्रिंटिंग और स्पेलिंग की गंभीर खामियां मिली, जिससे उनके नकली होने की आशंका जताई गई। 27 दवाओं के नमूने जांच के लिए भेजे कार्रवाई के दौरान 27 संदिग्ध दवाओं के नमूने लेकर सरकारी प्रयोगशाला भेजे गए हैं। शेष दवाओं को न्यायालय की अनुमति के बाद सील कर दिया गया। अमीनाबाद से सीज की गई दवाओं की अनुमानित कीमत करीब 21 लाख रुपये बताई गई है। बीकेटी और गोंडा में भी कार्रवाई जांच के दौरान बीकेटी क्षेत्र में राज विक्रम सिंह के अवैध गोदाम पर भी कार्रवाई की गई, जहां करीब 3 लाख रुपये की संदिग्ध दवाएं सील की गईं और चार नमूने जांच के लिए लिए गए। वहीं गोंडा में अमन कसौधन और अन्य के ठिकानों पर छापेमारी में एनडीपीएस श्रेणी की दवाओं का अवैध भंडारण भी मिला। राजस्थान से जुड़ा नेटवर्क एफएसडीए की जांच में सामने आया कि यह संगठित नेटवर्क राजस्थान से संचालित हो रहा था। आरोप है कि राजस्थान निवासी भूपेंद्र शर्मा और गुर्जर नकली दवाओं का निर्माण कर उत्तर प्रदेश में सप्लाई करते थे। जांच में प्रयागराज के वीरू सिंह चौहान, लखनऊ के राज विक्रम सिंह, गोंडा के अमन कसौधन, सीतापुर के रिहान, वाराणसी के मिश्रा और अमीनाबाद के रंजीत सिंह जुल्का की भूमिका भी सामने आई है। कई धाराओं में एफआईआर की तैयारी एफएसडीए ने मुख्य आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 111, 318(4), 319(2), 276, 277 और 278 के तहत अमीनाबाद थाने में एफआईआर दर्ज कराने के लिए प्रार्थना पत्र दिया है। विभाग का कहना है कि नेटवर्क नकली और अवैध दवाओं के निर्माण, भंडारण, परिवहन और बिना बिल बिक्री का संगठित कारोबार चला रहा था। Telma, Pantop 40, Clavam 625, Zerodol-SP, Alprazolam, Spasmoproxyvon, Flozen-AA, MOXYZIDE-CV 625 LB, LCIN, Chymoral Forte, Rasodi और RIOPOD-CV समेत कई चर्चित ब्रांड की संदिग्ध दवाएं बरामद हुई हैं। लेबल में प्रिंटिंग और स्पेलिंग की गड़बड़ी मिलने पर 27 नमूने जांच के लिए प्रयोगशाला भेजे गए हैं। लोगों से की अपीलएफएसडीए ने लोगों से अपील की है कि दवाएं केवल लाइसेंसधारी मेडिकल स्टोर से ही खरीदें, खरीद का बिल अवश्य लें और किसी भी संदिग्ध दवा या अवैध भंडारण की जानकारी तुरंत विभाग को दें। लखनऊ केमिस्ट वेलफेयर एसोसिएशन के अध्यक्ष अमित तिवारी ने नकली दवाओं के खिलाफ चल रही छापेमारी अभियान का स्वागत किया है। उन्होंने कहा, “हम पहले भी खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन (एफएसडीए) की कार्रवाई की सराहना कर चुके हैं और मौजूदा समय में जिन दो-तीन स्थानों पर छापेमारी के दौरान नकली दवाएं और उनसे जुड़े लोग पकड़े गए हैं, वह सराहनीय कदम है।” उन्होंने कहा कि हमें एफएसडीए की टीम से बड़ी उम्मीदें हैं। जब बाजार से नकली दवाओं का कारोबार पूरी तरह खत्म होगा, तभी असली दवाएं ग्राहकों तक पहुंचेंगी और ईमानदारी से कारोबार करने वाले दवा विक्रेताओं को भी राहत मिलेगी।अमित तिवारी ने मांग की कि नकली दवाओं का निर्माण और बिक्री करने वालों के खिलाफ हत्या के प्रयास या हत्या जैसे गंभीर अपराधों के अनुरूप कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाए। साथ ही उन्होंने कहा कि कार्रवाई के दौरान किसी भी वैध और ईमानदार दवा कारोबारी को अनावश्यक रूप से परेशान नहीं किया जाना चाहिए।
देवास में युवा भगत ब्रिगेड के सदस्यों ने रविवार देर शाम स्थानीय सयाजी द्वार पर नीट परीक्षा से जुड़े घटनाक्रम के बाद जान गंवाने वाले विद्यार्थियों को श्रद्धांजलि अर्पित की। इस दौरान कार्यकर्ताओं ने मोमबत्तियां जलाईं। उपस्थित सदस्यों ने दो मिनट का मौन धारण कर दिवंगत विद्यार्थियों को याद किया। यह श्रद्धांजलि सभा नीट अभ्यर्थियों के प्रति संवेदना व्यक्त करने के लिए आयोजित की गई थी। ब्रिगेड के संस्थापक अंकित अमझेरिया ने आरोप लगाया कि नीट परीक्षा में कथित पेपर लीक और परीक्षा व्यवस्था में अनियमितताओं के कारण कई विद्यार्थियों और उनके परिवारों को मानसिक आघात पहुंचा है। उन्होंने परीक्षा प्रणाली में पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करने की मांग की। अमझेरिया ने कहा कि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति नहीं होनी चाहिए, ताकि किसी भी विद्यार्थी को ऐसी गंभीर स्थिति का सामना न करना पड़े। दिग्विजय सिंह झाला ने अपने संबोधन में कहा कि जिन होनहार विद्यार्थियों ने अपनी जान गंवाई, उन्हें याद करते हुए सभी को ऐसी व्यवस्था बनाने का प्रयास करना चाहिए। उनका उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि किसी भी विद्यार्थी को निराशा या हताशा के कारण ऐसा कदम उठाने की नौबत न आए। इस कार्यक्रम में आशुतोष पांडे, राहुल यादव, अभिराज सिंह दरबार, अमन श्रीवास, कुणाल चौहान सहित अन्य सदस्य उपस्थित रहे।
राजगढ़ जिले के खिलचीपुर में रविवार को 6 करोड़ 95 लाख रुपये की लागत से बनने वाले इंडोर-आउटडोर स्टेडियम का भूमि पूजन किया गया। सांसद रोडमल नागर और विधायक हजारीलाल दांगी ने विधि-विधान से शिलान्यास किया। इस अवसर पर नगर परिषद अध्यक्ष रामजानकी मालाकार, पूर्व जिला शिक्षा अधिकारी करण सिंह भिलाला, पार्षद, जनप्रतिनिधि, अधिकारी, ठेकेदार, स्कूली छात्र-छात्राएं और बड़ी संख्या में नागरिक उपस्थित रहे। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए विधायक हजारीलाल दांगी ने कहा कि बेहतर खेल मैदान और वातावरण मिलने से बच्चों की खेलों के प्रति रुचि बढ़ेगी। उन्होंने जोर दिया कि आज बेटियां भी किसी क्षेत्र में पीछे नहीं हैं और भारतीय महिला खिलाड़ियों ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर देश का नाम रोशन किया है। इसलिए क्षेत्र में खेल सुविधाओं का विस्तार समय की मांग है। सांसद रोडमल नागर ने कहा कि यह स्टेडियम क्षेत्र के खिलाड़ियों को नई प्रेरणा, दिशा और उड़ान देगा। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के खेलों को बढ़ावा देने के प्रयासों की सराहना की। सांसद ने कहा कि अब माता-पिता केवल IAS, IPS बनाने की नहीं, बल्कि अपने बच्चों को खिलाड़ी बनाने की भी इच्छा रखेंगे, क्योंकि खेलों में सम्मान, प्रतिष्ठा और अवसर लगातार बढ़ रहे हैं। नागर ने आगे कहा कि बेहतर खेल सुविधाएं मिलने से ग्रामीण और छोटे शहरों की प्रतिभाओं को राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी पहचान बनाने का अवसर मिलेगा। कार्यक्रम का संचालन हिमांशु गुप्ता ने किया। इस स्टेडियम के बनने से खिलचीपुर और आसपास के क्षेत्र के खिलाड़ियों को इंडोर और आउटडोर दोनों खेलों के लिए आधुनिक सुविधाएं उपलब्ध हो सकेंगी।
टीकमगढ़ में 20 दिन की मासूम बच्ची की हत्या के आरोप में उसकी दादी को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने रविवार को इस मामले का खुलासा करते हुए बताया कि दादी ने अपनी पोती का गला दबाकर हत्या कर दी थी। यह घटना 18 जुलाई की रात पलेरा थाना क्षेत्र के गांव बन्नेबुजुर्ग में हुई थी। 45 वर्षीय रेखा आदिवासी ने अपनी 20 दिन की पोती मनीषा की गला घोंटकर हत्या कर दी। मनीषा अपनी मां पुक्खन आदिवासी के साथ सो रही थी। सुबह करीब 3 बजे रेखा वहां पहुंची और मनीषा को उठा लिया। कुछ देर बाद वह बच्ची को वापस पुक्खन के पास लिटाकर चली गई। जब मनीषा के शरीर में कोई हलचल नहीं हुई, तो पुक्खन को संदेह हुआ। उसने बच्ची को हिलाया, लेकिन कोई प्रतिक्रिया नहीं मिली। इसके बाद पुक्खन रोने लगी और परिवार को घटना की जानकारी हुई। शुरुआत में परिजनों ने पुलिस को गुमराह करने की कोशिश की और बताया कि झाड़-फूंक के बाद यह घटना हुई है। हालांकि, पुलिस की पूछताछ में दादी रेखा ने अपना जुर्म कबूल कर लिया। मनीषा की मां पुक्खन आदिवासी ने बताया कि उसकी सास रेखा को बेटियां पसंद नहीं थीं। बेटी के जन्म के बाद से ही रेखा उसके साथ बुरा व्यवहार करने लगी थी। पुक्खन का पति धनीराम दिल्ली में मजदूरी करता है। पुक्खन के अनुसार, उसकी सास का कहना था कि बेटी होने पर परिवार को दूसरों के सामने झुकना पड़ेगा और विवाह में खर्च करना होगा। जतारा एसडीओपी अभिषेक गौतम ने जानकारी दी कि पलेरा पुलिस ने आरोपी रेखा आदिवासी के खिलाफ धारा 103-1 के तहत मामला दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया है।
भिंड की देहात थाना पुलिस ने इलाके में फायरिंग कर दहशत फैलाने और गुड़याई जमाने वाले दो बदमाशों का रविवार को जुलूस निकाला। पुलिस ने दोनों आरोपियों को वारदात स्थल पर ले जाकर मौका मुआयना कराया और फिर करीब 500 मीटर तक पैदल घुमाया। इसके बाद दोनों को कोर्ट में पेश कर जेल भेज दिया गया। मामले में दो अन्य आरोपी अभी भी फरार हैं, जिनकी तलाश जारी है। देहात थाना क्षेत्र के महावीर नगर, बीटीआई रोड पर 14 जून की रात हुई फायरिंग की घटना में पुलिस ने अनिकेत यादव और अंशुमन उर्फ कन्हैया यादव निवासी डीडी को गिरफ्तार किया है। दोनों पर आरोप है कि उन्होंने अपने साथियों सूरज यादव और एक नाबालिग के साथ मिलकर अभिषेक शाक्य के घर पहुंचकर कट्टे से 3 से 4 राउंड फायर किए थे। इस दौरान आरोपियों ने गाली-गलौज करते हुए जान से मारने की धमकी भी दी थी। घटना के बाद फरियादी अभिषेक शाक्य की शिकायत पर चार लोगों के खिलाफ हत्या के प्रयास, आर्म्स एक्ट सहित अन्य धाराओं में देहात थाने में मामला दर्ज किया गया था। पुलिस जांच के दौरान दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया, जबकि सूरज यादव और एक नाबालिग अभी भी फरार हैं। आरोपियों को घटनास्थल ले जाया गयागिरफ्तारी के बाद पुलिस दोनों आरोपियों को घटनास्थल पर लेकर पहुंची, जहां उनसे वारदात का मौका मुआयना कराया गया। इसके बाद पुलिस ने दोनों का जुलूस निकालते हुए करीब 500 मीटर तक बीटीआई रोड पर पैदल घुमाया। इस दौरान लोगों की भीड़ जमा हो गई और पुलिस ने खुलेआम गुंडागर्दी करने वालों को सख्त संदेश दिया। पुलिस जांच में सामने आया है कि आरोपी अनिकेत यादव और फरियादी अभिषेक शाक्य पहले मित्र थे। किसी बात को लेकर दोनों के बीच विवाद चल रहा था। घटना वाले दिन मोबाइल पर दोनों के बीच गाली-गलौज हुई थी। इसी विवाद के बाद आरोपी अपने साथियों के साथ कट्टा लेकर अभिषेक शाक्य के घर पहुंचे और गुड़याई दिखाने के लिए फायरिंग कर दहशत फैला दी। देहात थाना पुलिस का कहना है कि फरार दोनों आरोपियों की तलाश में लगातार दबिश दी जा रही है। पूरे मामले की विवेचना जारी है और जल्द ही शेष आरोपियों को भी गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
जशपुरनगर जिले के सन्ना थाना क्षेत्र के कोदोपारा गांव में रविवार को खेत की जुताई के दौरान ट्रैक्टर पलटने से किसान और चालक की मौके पर ही मौत हो गई। हादसे में दोनों ट्रैक्टर के इंजन के नीचे दब गए। जानकारी के अनुसार, किसान बरतु राम अपने खेत की जुताई कराने के लिए चालक उदय राम के साथ खेत पहुंचे थे। जुताई के दौरान ट्रैक्टर कीचड़ में फंस गया। उसे निकालने के प्रयास में वाहन अनियंत्रित हो गया। इंजन के नीचे दबने से मौत प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक ट्रैक्टर के अगले दोनों पहिए अचानक हवा में उठे और वाहन पलट गया। ट्रैक्टर का इंजन किसान और चालक के ऊपर गिर गया। दोनों की मौके पर ही मौत हो गई। आसपास मौजूद मजदूरों और ग्रामीणों ने काफी मशक्कत के बाद दोनों को बाहर निकाला। पुलिस ने शुरू की जांच सूचना मिलते ही सन्ना थाना पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने पंचनामा कार्रवाई के बाद दोनों शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। मर्ग कायम कर दुर्घटना के कारणों की जांच की जा रही है। गांव में शोक का माहौल इस हादसे के बाद कोदोपारा गांव में मातम पसरा हुआ है। ग्रामीणों ने बताया कि दोनों रोज की तरह खेत में काम करने निकले थे, लेकिन यह हादसा उनकी जान ले गया।
गुना जिले के जौरा थाना क्षेत्र में रविवार दोपहर पिता के साथ बाइक से घर जा रही एक विवाहिता से तीन अज्ञात बदमाशों ने कट्टे की नोक पर लाखों रुपए के सोने के जेवर, मोबाइल और नकदी लूट ली। वारदात के बाद आरोपी मौके से फरार हो गए। खास बात यह है यह लुट पगारा रोड पर बनी पुलिस चौकी के काफी नजदीक हुई।पिता- पुत्री की शिकायत पर पुलिस ने अज्ञात आरोपियों के खिलाफ लूट का मामला दर्ज कर उनकी तलाश शुरू कर दी है। पगारा पुलिस चौकी के पास घटनाधनेला निवासी राकेश सिंह गुर्जर रविवार दोपहर करीब 1:30 बजे अपनी विवाहिता पुत्री प्रवेश गुर्जर को चाचूल गांव से बाइक पर बैठाकर धनेला लौट रहे थे। इसी दौरान पगारा रोड पर पुलिस चौकी से कुछ दूरी आगे एक बाइक पर सवार तीन अज्ञात बदमाश उनके बराबर आ गए। बदमाशों ने चलते-चलते उनकी बाइक की चाबी निकाल ली, जिससे बाइक बंद हो गई। इसके बाद दो बदमाशों ने मुंह कपड़े से ढक रखा था और उन्होंने पिता-पुत्री पर कट्टा तान दिया। सोने के जेवर,मोबाइल और नकदी लूटकर फरारबदमाश विवाहिता के शरीर पर पहने सोने के चार कड़े (चूड़ियां), दो अंगूठियां, एक बड़ा मंगलसूत्र, कान का एक झाला उतरवा ले गए। इसके अलावा राकेश गुर्जर का मोबाइल फोन और 5 हजार रुपए नकद भी लूट लिए। वारदात के बाद तीनों आरोपी बाइक से फरार हो गए। सीसीटीवी खंगाल रही पुलिसजौरा थाना प्रभारी एसआई पंकज यादव के अनुसार आरोपियों की तलाश की जा रही है पुलिस चौकी के पास पिता - पुत्री के साथ लुट की वारदात के बाद अब जौरा पुलिस आस पास के सीसीटीवी खंगालने के साथ साथ लोगो से पूछताछ कर रही है। पुलिस ने फरियादी की शिकायत पर अज्ञात बदमाशों के खिलाफ लूट का मामला दर्ज करने की बात कही है।
अचानक सड़क पर आई गाय बनी हादसे की वजह:दो कारें भिड़ीं, एक पलटी; कई लोग घायल
वल्लभनगर उपखंड क्षेत्र के मेनार गांव के समीप राष्ट्रीय राजमार्ग (एनएच) 48 पर एक गाय को बचाने के प्रयास में दो कारों की भिड़ंत हो गई। इस हादसे में गाय की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि दोनों कारों में सवार लोगों को मामूली चोटें आईं। एक कार डिवाइडर से टकराकर पलट भी गई। जानकारी के अनुसार, दोनों कारें उदयपुर से चित्तौड़गढ़ की ओर जा रही थीं। मेनार डाक बंगले के पास अचानक एक गाय सड़क पर आ गई। गाय को बचाने के प्रयास में आगे चल रही कार के चालक ने अचानक ब्रेक लगाए, लेकिन कार गाय से टकरा गई। इसी दौरान, पीछे आ रही दूसरी कार भी अनियंत्रित होकर पहली कार से टकरा गई। टक्कर इतनी भीषण थी कि एक कार डिवाइडर के पास जाकर पलट गई। हादसे में गाय को गंभीर चोटें आईं और उसकी मौके पर ही मौत हो गई। कारों में सवार लोगों को हल्की चोटें लगीं। हादसे की सूचना मिलते ही हाईवे पेट्रोलिंग टीम और खेरोदा थाने से पुलिस मौके पर पहुंची। हाईवे पेट्रोलिंग टीम के एंबुलेंस कर्मियों ने घायलों को प्राथमिक उपचार दिया। पुलिस ने क्रेन की सहायता से क्षतिग्रस्त कारों को सड़क से हटाकर यातायात सुचारू करवाया।
डूंगरपुर: 2 दिन बंद रहेगी बिजली आपूर्ति:220 केवी लाइन निर्माण के चलते कई गांवों में 10-11 घंटे कटौती
उदयपुर-डूंगरपुर 220 केवी डबल सर्किट ट्रांसमिशन लाइन के निर्माण कार्य के कारण रघुनाथपुरा-मसानिया 11 केवी फीडर से जुड़े गांवों में 20 और 21 जुलाई को बिजली आपूर्ति बाधित रहेगी। इस दौरान कई गांवों में 9.5 से 11 घंटे तक की कटौती होगी। दोवड़ा विद्युत विभाग के सहायक अभियंता (एईएन) ने बताया कि 220 केवी ट्रांसमिशन लाइन के इरेक्शन कार्य के लिए शटडाउन लिया जाएगा। 20 जुलाई को सुबह 10 बजे से शाम 7:30 बजे तक (लगभग 9 घंटे 30 मिनट) बिजली बंद रहेगी। वहीं, 21 जुलाई को सुबह 8 बजे से शाम 7 बजे तक (लगभग 11 घंटे) विद्युत आपूर्ति बाधित रहेगी। इस निर्धारित शटडाउन से रघुनाथपुरा-मसानिया 11 केवी फीडर से जुड़े सभी गांव और क्षेत्र प्रभावित होंगे। विभाग ने उपभोक्ताओं से अपील की है कि वे इस अवधि के दौरान आवश्यक कार्य पहले ही निपटा लें और सहयोग बनाए रखें। विद्युत विभाग के अनुसार, 220 केवी डबल सर्किट ट्रांसमिशन लाइन का निर्माण पूरा होने के बाद क्षेत्र की बिजली व्यवस्था सुदृढ़ होगी। इससे भविष्य में उपभोक्ताओं को बेहतर और अधिक विश्वसनीय विद्युत आपूर्ति का लाभ मिलेगा।
श्रावणी मेला में बाबा बैद्यनाथ धाम जाने वाले यात्रियों की बढ़ती भीड़ को देखते हुए रेलवे ने स्पेशल ट्रेन चलाने का फैसला किया है। दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे 1 अगस्त से 30 अगस्त 2026 तक नेताजी सुभाष चंद्र बोस इतवारी–मधुपुर–नेताजी सुभाष चंद्र बोस इतवारी साप्ताहिक स्पेशल ट्रेन का संचालन करेगा। यह ट्रेन दोनों दिशाओं में 5-5 ट्रिप लगाएगी। हर शनिवार इतवारी से, हर रविवार मधुपुर से चलेगी ट्रेन गाड़ी संख्या 08895 हर शनिवार (1, 8, 15, 22 और 29 अगस्त) को सुबह 4:30 बजे नेताजी सुभाष चंद्र बोस इतवारी से रवाना होगी। ट्रेन गोंदिया, डोंगरगढ़, राजनांदगांव, दुर्ग, रायपुर, भाटापारा, बिलासपुर, चांपा, रायगढ़, बेलपहाड़ और ब्रजराजनगर समेत कई स्टेशनों पर रुकते हुए अगले दिन सुबह 6 बजे मधुपुर पहुंचेगी। वहीं, गाड़ी संख्या 08896 हर रविवार (2, 9, 16, 23 और 30 अगस्त) को सुबह 9 बजे मधुपुर से चलेगी और अगले दिन 11:50 बजे नेताजी सुभाष चंद्र बोस इतवारी पहुंचेगी। वापसी में भी ट्रेन रायगढ़, बिलासपुर, रायपुर, दुर्ग, राजनांदगांव, डोंगरगढ़ और गोंदिया सहित प्रमुख स्टेशनों पर ठहरेगी। 20 कोच की होगी स्पेशल ट्रेन रेलवे के मुताबिक इस स्पेशल ट्रेन में कुल 20 कोच लगाए जाएंगे। इनमें 4 एसी थर्ड, 10 स्लीपर, 4 जनरल और 2 एसएलआरडी (गार्ड सह लगेज एवं दिव्यांगजन) कोच शामिल रहेंगे। यात्रियों से रेलवे की अपील रेलवे ने यात्रियों से अपील की है कि श्रावणी मेला के दौरान यात्रा की प्लानिंग पहले से करें और इस स्पेशल ट्रेन का फायदा उठाएं। यात्रा से पहले ट्रेन का टाइम-टेबल और स्टॉपेज रेलवे के अधिकृत माध्यमों से जरूर चेक करें, ताकि सफर आसान और सुविधाजनक रहे।
रीवा शहर के बिछिया थाना क्षेत्र अंतर्गत लोही ब्रिज के पास खुलेआम अवैध शराब बिक्री का मामला सामने आया है। मौके पर पहुंचे लोगों ने शराब की बिक्री का वीडियो रिकॉर्ड किया। वीडियो में मौजूद व्यक्ति ने दावा किया कि यह बिछिया स्थित शराब दुकान की शाखा है और ग्रामीणों की सुविधा के लिए यहां शराब बेची जा रही है। मामला ऐसे समय सामने आया है, जब रीवा जोन के आईजी गौरव राजपूत पूरे संभाग में 'नशामुक्त अभियान 2.0' चला रहे हैं। ऐसे में शहर के प्रवेश मार्ग पर कथित रूप से खुलेआम शराब बिक्री ने अभियान की प्रभावशीलता पर सवाल खड़े कर दिए हैं। बिना झिझक शराब बेचने की बात करते रिकॉर्डसबसे हैरानी की बात यह रही कि दुकान पर मौजूद व्यक्ति कैमरे के सामने बिना किसी झिझक के शराब बेचने की बात करता दिखाई दिया। यदि यह दुकान अधिकृत नहीं है तो सवाल उठता है कि आबकारी विभाग के नियमों के विपरीत यह संचालन किसकी अनुमति से हो रहा था। घटना के बाद स्थानीय लोगों में भी नाराजगी देखने को मिली। स्थानीय निवासी राजेश सिंह ने कहा कि लोही ब्रिज के आसपास लंबे समय से खुलेआम शराब बेचे जाने की चर्चा है। शाम होते ही यहां लोगों की आवाजाही बढ़ जाती है, जिससे क्षेत्र का माहौल प्रभावित होता है। उन्होंने कहा कि यदि कहीं अवैध रूप से शराब बेची जा रही है तो पुलिस और आबकारी विभाग को तत्काल कार्रवाई करनी चाहिए। निष्पक्ष जांच कर कार्रवाई की मांग वहीं स्थानीय निवासी रामकुमार पटेल ने बताया कि इस मार्ग से प्रतिदिन बड़ी संख्या में ग्रामीण, महिलाएं और छात्र-छात्राएं गुजरते हैं। यदि बिना अनुमति के शराब बिक्री हो रही है तो यह गंभीर मामला है। उन्होंने प्रशासन से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की। बिछिया थाना प्रभारी अंकित मिश्रा ने बताया कि मीडिया के माध्यम से उन्हें लोही ब्रिज के पास शराब बिक्री की सूचना मिली है। सूचना मिलने के बाद मामले की जांच कराई जा रही है। यदि जांच में अवैध रूप से शराब बिक्री या आबकारी नियमों के उल्लंघन की पुष्टि होती है, तो संबंधित व्यक्तियों के विरुद्ध नियमानुसार वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। किसी भी प्रकार की अवैध गतिविधि को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
नरसिंहपुर जिले के गाडरवारा में रविवार को किन्नरों के एक समूह ने एक युवक को फर्जी किन्नर बनकर पैसे वसूलते हुए रंगे हाथों पकड़ा। इस दौरान किन्नरों ने युवक के कपड़े उतरवाए और सरेराह उसका मुंडन कर दिया। इस पूरी घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से शेयर हो रहा है। जानकारी के मुताबिक, यह युवक गाडरवारा के चीचली रोड इलाके में लंबे समय से किन्नर का भेष बनाकर दुकानों और राहगीरों से पैसे वसूल रहा था। स्थानीय किन्नर समुदाय को इसकी लगातार शिकायतें मिल रही थीं। रविवार को किन्नरों की एक टीम ने युवक पर नजर रखी और उसे पैसे लेते हुए दबोच लिया। चप्पलों से की पिटाई, देखने के लिए जुटी भारी भीड़ चश्मदीदों ने बताया कि युवक को पकड़ने के बाद किन्नरों ने पहले उसकी चप्पलों से पिटाई की। इसके बाद बीच सड़क पर ही उसका मुंडन कर दिया गया। इस घटना को देखने के लिए मौके पर बड़ी संख्या में लोगों की भीड़ जमा हो गई, जिससे इलाके में काफी देर तक अफरा-तफरी का माहौल बना रहा। मौके पर मौजूद लोगों ने इस पूरी घटना का वीडियो अपने मोबाइल में रिकॉर्ड कर लिया, जो अब सोशल मीडिया पर वायरल है। वीडियो में किन्नरों और युवक के बीच विवाद और हंगामे की स्थिति साफ तौर पर दिखाई दे रही है। फर्जी लोगों की वजह से बदनाम होता है समाज किन्नर समुदाय का आरोप है कि ऐसे फर्जी लोगों के कारण उनकी छवि खराब होती है और समाज में भ्रम की स्थिति पैदा होती है। स्थानीय लोगों के अनुसार भी यह युवक काफी समय से अलग-अलग इलाकों में घूमकर वसूली कर रहा था। फिलहाल इस मामले में पुलिस की ओर से कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है, लेकिन घटना को लेकर इलाके में चर्चाओं का बाजार गर्म है।

