पांवटा साहिब में दर्दनाक हादसा: दो मासूमों की मौत, देर शाम तक बच्चों का इंतजार करते रहे परिजन
पांवटा साहिब के निहालगढ़ में जम्मू खाले में नहाने गए दो बच्चों की डूबने से मौत हो गई। देर शाम स्थानीय गोताखोरों ने दूसरे बच्चे का शव भी बरामद किया।
जीजा गिरफ्तार: साली के साथ की हैवानियत, थाने में रो पड़ी पीड़िता; आरोपी भेजा गया जेल
साली की शिकायत पर जीजा गया जेल।
फूलों की खेती के साथ पोल्ट्री-डेयरी से बढ़ी आमदनी, किसानों ने पेश की मिसाल
फूलों की खेती के साथ पोल्ट्री-डेयरी से बढ़ी आमदनी, किसानों ने पेश की मिसाल
सुना है क्या: 'टेंडर का टेंशन', साथ ही 'चर्चा में विदाई व आगमन और मैडम आईएफएस का पाठ' के किस्से
यूपी के राजनीतिक गलियारे और प्रशासनिक गलियों में आज तीन किस्से काफी चर्चा में रहे। चाहे-अनचाहे आखिर ये बाहर आ ही जाते हैं।
जिलाधिकारी ने दिए आदेश, दंपती ने जताई असंतुष्टि, कहा- घर का व्यावसायिक इस्तेमाल ही नहीं हुआ।
भारत-नेपाल सीमा पर बढ़नी बॉर्डर के रास्ते मादक पदार्थों की तस्करी के एक बड़े नेटवर्क का नेपाल पुलिस ने खुलासा किया है। कपिलवस्तु जिले में कार्रवाई के दौरान पुलिस ने पांच नेपाली महिलाओं को हिरासत में लेकर 5.225 किलो चरस और 10 किलो अफीम बरामद की है। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि मादक पदार्थों की यह खेप बढ़नी बॉर्डर के रास्ते भारत लाकर बड़े शहरों में खपाने की तैयारी थी। अब नेपाल पुलिस सीमा पार सक्रिय तस्करों और भारत में खेप लेने वाले लोगों की जानकारी जुटा रही है। नेपाल पुलिस के अनुसार, रविवार शाम करीब 6 बजे कपिलवस्तु जिले के कृष्णनगर नगरपालिका-2 स्थित पुराने बस पार्क क्षेत्र में यह कार्रवाई की गई। इलाका पुलिस कार्यालय कृष्णनगर के इंस्पेक्टर कृष्ण बहादुर कुँवर के नेतृत्व में 11 सदस्यीय पुलिस टीम नियमित गश्त पर थी। इसी दौरान कुछ महिलाएं संदिग्ध गतिविधियों में नजर आईं। पुलिस ने उन्हें रोककर तलाशी ली तो उनके पास मादक पदार्थ बरामद हुए। कपड़े में लपेटकर कमर में छिपा रखी थी चरस तलाशी में दाङ जिले की राप्ती गांवपालिका-3 मसुरिया निवासी 34 वर्षीय रतिमा रोका के पास से चरस जैसा काला और गीला पदार्थ मिला। इसे कपड़े में लपेटकर कमर के पास छिपाया गया था। पुलिस के मुताबिक कपड़े और प्लास्टिक सहित पदार्थ का वजन 5.518 किलो था, जबकि शुद्ध वजन 5.225 किलो निकला। उसके पास से एक मोबाइल फोन भी बरामद हुआ है। इसी तरह कपिलवस्तु के विजयनगर गांवपालिका-4 ज्योतिनगर निवासी 45 वर्षीय फनिसरा सारू के पास प्लास्टिक समेत 5.206 किलो गीला पदार्थ मिला। इसका शुद्ध वजन 5 किलो बताया गया है। वहीं, 56 वर्षीय नन्सरी घर्ती मगर के पास से 5.158 किलो पदार्थ मिला, जिसका शुद्ध वजन भी 5 किलो निकला। नेपाल पुलिस ने दोनों बरामद पदार्थों को अफीम बताया है। दो महिलाओं के पास नहीं मिला नशा, नेटवर्क से कनेक्शन की जांच पुलिस ने दाङ जिले की 43 वर्षीय विमला पुन और पर्सा जिले की ठोरी गांवपालिका-2 निवासी 48 वर्षीय चुमा लामिछाने को भी हिरासत में लिया है। हालांकि तलाशी में इनके पास से कोई मादक पदार्थ नहीं मिला। पुलिस को इनके तस्करी नेटवर्क से जुड़े होने की आशंका है, इसलिए दोनों से पूछताछ की जा रही है। बढ़नी के रास्ते भारत लाने की थी तैयारी नेपाल पुलिस की प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि बरामद चरस और अफीम को बढ़नी सीमा के रास्ते भारत लाने की तैयारी थी। इसके बाद मादक पदार्थों को नेटवर्क के जरिए भारत के बड़े शहरों तक पहुंचाने की योजना थी। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि भारत में खेप किसे सौंपी जानी थी और इसके पीछे नेपाल तथा भारत में कौन-कौन से लोग सक्रिय हैं। बढ़नी बॉर्डर भारत-नेपाल के बीच आवाजाही का प्रमुख मार्ग है। ऐसे में सीमा पार से मादक पदार्थों की इतनी बड़ी खेप भारत लाने की तैयारी सामने आने के बाद सुरक्षा एजेंसियों की चुनौती भी बढ़ गई है। वैज्ञानिक जांच के बाद होगी आगे की कार्रवाई नेपाल पुलिस ने बरामद मादक पदार्थों को परीक्षण के लिए भेज दिया है। वैज्ञानिक जांच की रिपोर्ट के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। पुलिस हिरासत में ली गई महिलाओं से पूछताछ कर यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि मादक पदार्थ कहां से लाए गए थे, भारत में किसे पहुंचाने थे और इस नेटवर्क में नेपाल और भारत के कितने लोग शामिल हैं।
छतरपुर में हुई तीन सगी बहनों की मौत की वजह नहीं हुई साफ, पोस्टमार्टम के बाद पुलिस के हाथ खाली
स्वास्थ्य विभाग के अनुसार प्रारंभिक रिपोर्ट में बच्चियों के शरीर पर मारपीट या बाहरी चोट के निशान नहीं मिले हैं। हालांकि, मौत की वजह अभी स्पष्ट नहीं हो सकी है।
पांवटा साहिब में दर्दनाक हादसा: खड्ड में डूबे दो बच्चे, स्थानीय गोताखोरों ने निकाला दूसरा शव
पांवटा साहिब में दर्दनाक हादसा: खड्ड में डूबे दो बच्चे, स्थानीय गोताखोरों ने निकाला दूसरा शव
अशोकनगर जिले में रविवार देर रात तक रिमझिम बारिश का दौर जारी रहा। रविवार सुबह 8 बजे से सोमवार सुबह 8 बजे तक 24 घंटों में जिले में कुल 26.25 मिलीमीटर (मिमी) वर्षा दर्ज की गई। इस दौरान चंदेरी तहसील में सर्वाधिक 45 मिमी बारिश हुई। अन्य तहसीलों में मुंगावली में 30 मिमी, जबकि अशोकनगर और ईसागढ़ में 15-15 मिमी बारिश रिकॉर्ड की गई। जिले के कई इलाकों में दोपहर से ही रुक-रुक कर बारिश शुरू हो गई थी। दोपहर में शाढौरा, ईसागढ़ और चंदेरी सहित ग्रामीण क्षेत्रों में रुक-रुक कर बारिश हुई, जो काफी देर तक जारी रही। जिला मुख्यालय अशोकनगर में शाम ढलते ही रिमझिम बारिश शुरू हुई, जो कुछ ही देर में तेज हो गई। शाम के समय लगभग एक घंटे तक कभी तेज तो कभी मध्यम वर्षा होती रही। जिले में अब तक कुल 522 मिमी बारिश हो चुकी है। इसमें मुंगावली में सर्वाधिक 742 मिमी, चंदेरी में 602 मिमी, अशोकनगर में 405 मिमी और ईसागढ़ में सबसे कम 339 मिमी वर्षा दर्ज की गई है। पिछले वर्ष इसी अवधि तक जिले में 1276.50 मिमी बारिश हुई थी, जिससे इस वर्ष काफी कम वर्षा हुई है। मौसम विभाग ने अगले तीन-चार दिनों तक जिले में रुक-रुक कर बारिश होने का अनुमान जताया है।
हिमाचल प्रदेश: पहाड़ी से पत्थर गिरने से दो श्रद्धालु जख्मी, मणिमहेश जाने पर आज रोक
Himachal Weather: चंबा के भरमौर में बारिश के चलते 24 अगस्त को मणिमहेश यात्रा पर रोक लगाई गई है। हड़सर-डल झील मार्ग पर पत्थर गिरने से दो श्रद्धालु घायल हुए।
पीएम आवास योजना: किराए की दुकान पर किया कब्जा, तोड़कर बना लिया मकान; फिर लगा दिए फर्जी दस्तावेज
प्रधानमंत्री आवास योजना में फर्जी दस्तावेज लगाकर लिया लाभ, पुलिस आयुक्त से शिकायत के बाद सक्रिय हुई पुलिस।
यूपी पुलिस के जांबाज दरोगा ने जिस तरह तीन युवकों की जिंदगी बचाई, उनकी तारीफ हो रही है।
कुरुक्षेत्र के राजेश हत्याकांड में जैसे-जैसे पुलिस की जांच आगे बढ़ रही है वैसे-वैसे चौंकाने वाली जानकारियां सामने आ रही हैं। रविवार को मकान मालिक रिंकू की मां अमरो देवी ने बताया कि बिमला सनकी किस्म की महिला है।
छत्तीसगढ़ के बलौदाबाजार में फर्जी ट्रांसफर ऑर्डर तैयार कर इस्तेमाल करने के मामले में पलारी पुलिस ने अब तक 6 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। इनमें भाजपा जिला महामंत्री कृष्णा अवस्थी के बेटे प्रणव अवस्थी और उसका दोस्त कंप्यूटर ऑपरेटर प्रखर कश्यप भी शामिल हैं। पुलिस की पूछताछ में सामने आया है कि कृष्णा अवस्थी के कहने पर उनके बेटे प्रणव अवस्थी ने दोस्त प्रखर कश्यप से फर्जी तबादला पत्र टाइप करवाया था। प्रणव ने पुलिस को बताया कि उसने अपने पिता के निर्देश पर यह काम किया था। वहीं, कंप्यूटर ऑपरेटर प्रखर कश्यप ने बताया कि प्रणव के कहने पर उसने पत्र टाइप किया था। उसका कहना है कि उसे पत्र के फर्जी होने या इसके इस्तेमाल की जानकारी नहीं थी। उसने दोस्ती के नाते पत्र टाइप किया था। बता दें कि फर्जी तबादला पत्र पलारी ब्लॉक के रोहासी अस्पताल में पदस्थ ग्रामीण चिकित्सा सहायक (RMA) करण देवांगन से संबंधित था। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि फर्जी पत्र तैयार कराने और उसके इस्तेमाल में और कौन-कौन लोग शामिल थे। देखिए पहले ये तस्वीरें… जानिए क्या है पूरा मामला ? दरअसल, आदेश में करण देवांगन का तबादला रोहांसी PHC से मोपरा PHC किया जाना बताया गया था। स्वास्थ्य विभाग के अनुसार दस्तावेज पर मुख्य चिकित्सा-स्वास्थ्य अधिकारी (CMHO) डॉ. राजेश अवस्थी के जाली हस्ताक्षर किए गए थे। 17 अगस्त को फर्जी स्थानांतरण आदेश की एक कॉपी व्हाट्सऐप के जरिए स्वास्थ्य विभाग के कार्यालय पहुंची। दस्तावेज की जांच कराई गई तो आदेश नकली पाया गया। इसके बाद बीएमओ डॉ. पंकज वर्मा की शिकायत पर थाने में मामला दर्ज किया गया। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने जांच तेज की। जांच में कसडोल RMA रवि सेन, भाजपा जिला उपाध्यक्ष पुनी राम पटेल, BJP जिला महामंत्री कृष्णा अवस्थी, उनके बेटे प्रणव अवस्थी और प्रणव का दोस्त कंप्यूटर ऑपरेटर की भूमिका सामने आई। करीब 1 लाख रुपए के लेन-देन का खुलासा पुलिस जांच में करीब 1 लाख रुपए के लेन-देन की भी बात सामने आई है। जांच के मुताबिक कृष्णा अवस्थी ने अपने बेटे प्रणव के खाते में 70 हजार रुपए ट्रांसफर कराए थे। बाकी रकम भाजपा नेता पुनी राम पटेल को दिए जाने की बात सामने आई है। ऑनलाइन पैसे देकर लिया फर्जी तबादला पत्र पुलिस के अनुसार, आरएमए करण देवांगन ने फर्जी तबादला पत्र हासिल करने के लिए ऑनलाइन पैसे दिए थे। मामले में मिले सबूतों के आधार पर पुलिस ने आरोपियों को गिरफ्तार किया है। करण देवांगन ने पूछताछ में एक और अहम जानकारी दी है। बड़े भाजपा नेता के घर ले जाने का दावा उसके अनुसार, फर्जी तबादला पत्र की पुष्टि होने के बाद गिरफ्तार भाजपा नेताओं ने उसे बलौदाबाजार से करीब 25 किलोमीटर दूर एक बड़े भाजपा नेता के घर ले जाकर मुलाकात कराई थी। फिलहाल, इस मामले में पुलिस ने सभी को कोर्ट में पेश कर जेल भेज दिया है। सभी आरोपियों को जेल भेजा इसके अलावा पुलिस ने प्रखर कश्यप के कब्जे से कंप्यूटर और प्रिंटर जब्त किया है। पुलिस अब फर्जी तबादला पत्र तैयार करने से लेकर उसके इस्तेमाल तक की पूरी कड़ी की जांच कर रही है। साथ ही, इस मामले में शामिल अन्य लोगों की भूमिका भी जांची जा रही है। भाजपा ने पद से हटाया मामले में भाजपा ने अपने दोनों पदाधिकारियों कृष्णा अवस्थी और पुनी राम पटेल को संगठनात्मक जिम्मेदारियों से मुक्त कर दिया है। हालांकि, दोनों को पार्टी से निष्कासित नहीं किया गया है। …………….……………. इस से जुड़ी यह खबर भी पढ़िए… छत्तीसगढ़ में 4 लाख में बने फर्जी निवास प्रमाणपत्र: CRPF में भर्ती होने दूसरे राज्यों के कैंडिडेट्स ने बनवाए फेक सर्टिफिकेट, कई कर रहे नौकरी छत्तीसगढ़ में फर्जी निवास प्रमाण पत्र के जरिए CRPF में भर्ती होने वाले जवान की गिरफ्तारी के बाद बड़ा खुलासा है। पुलिस ने फेक सर्टिफिकेट बनाने वाले गिरोह के मास्टरमाइंड समेत 4 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। यह फर्जी निवास प्रमाणपत्र बलरामपुर तहसील से जारी किया गया था। इस मामले में पहले ही बलरामपुर थाने में धोखाधड़ी का केस दर्ज है। पढ़ें पूरी खबर…
धार जिले के सरदारपुर क्षेत्र में स्टेट हाईवे-35 पर सड़क की साइड पटरी पर हो रही खुदाई से वाहन चालकों के लिए परेशानी और दुर्घटना का खतरा बढ़ गया है। सरदारपुर-भैंसोला मार्ग पर बारिश के मौसम में एक ओर सड़क किनारे पाइप रखे हैं, वहीं दूसरी ओर खुदाई का काम जारी है। इससे सड़क संकरी हो गई है, और भारी वाहनों की आवाजाही के बीच दुर्घटना की आशंका बनी हुई है। जानकारी के अनुसार, लगभग छह माह पहले लाबरिया से राजोद के बीच सड़क किनारे खुदाई की गई थी। अब जोलाना से सरदारपुर के बीच यह कार्य चल रहा है। बारिश के कारण मिट्टी गीली होने से सड़क किनारे की स्थिति और भी चुनौतीपूर्ण हो गई है। इसके बावजूद, कार्यस्थल पर पर्याप्त सुरक्षा व्यवस्था का अभाव है। खुदाई वाले स्थानों पर वाहन चालकों को सचेत करने के लिए कोई संकेतक या चेतावनी बोर्ड नहीं लगाए गए हैं। स्टेट हाईवे पर भारी वाहनों का लगातार आवागमन होता है। ऐसे में अचानक सामने आने वाली खुदाई या सड़क किनारे रखे पाइप वाहन चालकों के लिए गंभीर जोखिम पैदा कर सकते हैं। चेतावनी बोर्ड लगाने की मांगबारिश के मौसम में सड़क की साइड पटरी पर की गई खुदाई से मिट्टी धंसने और सड़क का किनारा कमजोर होने की आशंका भी बढ़ गई है। स्थानीय निवासियों का कहना है कि निर्माण एजेंसी को कार्य के साथ-साथ सुरक्षा व्यवस्था पर भी ध्यान देना चाहिए। उन्होंने खुदाई वाले स्थानों पर बैरिकेडिंग, रिफ्लेक्टर, संकेतक और चेतावनी बोर्ड लगाने की मांग की है, ताकि रात के समय भी वाहन चालकों को खतरे का पता चल सके।
गोरखपुर में सोमवार को छाए रहेंगे बादल:दोपहर बाद बारिश के आसार, उमस और गर्मी से मिलेगी राहत
गोरखपुर में सोमवार को मौसम का मिजाज बदला हुआ नजर आया। शहर के कुछ हिस्सों में आसमान में बादल छाए रहे, जबकि कई जगहों पर धूप भी निकली। हालांकि, बीते कुछ दिनों की तुलना में मौसम थोड़ा सुहाना बना हुआ है। सुबह के समय तापमान भी 30 डिग्री सेल्सियस से नीचे रहा, जिससे लोगों को गर्मी से कुछ राहत महसूस हुई। दोपहर बाद बारिश के आसार मौसम विभाग के अनुसार सोमवार को दोपहर के बाद गोरखपुर में बारिश होने की संभावना है। अगर बारिश होती है तो तापमान में और गिरावट आने के साथ मौसम सुहाना हो सकता है। बारिश के चलते लोगों को गर्मी और उमस से भी राहत मिलने के आसार हैं। रविवार को हुई बारिश का असर सोमवार की सुबह भी मौसम पर दिखाई दिया। बारिश के बाद तापमान में थोड़ी कमी आई है और वातावरण में पहले की तरह तेज गर्मी महसूस नहीं हो रही है। 34 डिग्री तक पहुंच सकता है अधिकतम तापमान मौसम वैज्ञानिक डॉ. कैलाश पांडे के अनुसार सोमवार को गोरखपुर का अधिकतम तापमान करीब 34 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 28 डिग्री सेल्सियस रहने की संभावना है। तापमान में बहुत ज्यादा बढ़ोतरी नहीं होने से लोगों को पिछले दिनों के मुकाबले राहत मिल सकती है। 65 से 85 फीसदी रहेगी नमी सोमवार को वातावरण में नमी यानी ह्यूमिडिटी 65 से 85 फीसदी के बीच रहने का अनुमान है। अधिक नमी की वजह से तापमान कम होने के बावजूद लोगों को चिपचिपाहट वाली गर्मी महसूस हो सकती है। हवा में नमी ज्यादा होने पर पसीना जल्दी नहीं सूखता, जिससे उमस का अहसास बना रहता है। हालांकि, ह्यूमिडिटी और तापमान के ये आंकड़े बीते कुछ दिनों की तुलना में कम हैं। इसी वजह से मौसम में थोड़ी राहत महसूस की जा रही है। रविवार की बारिश से मिली राहत गोरखपुर में रविवार को हुई बारिश के बाद मौसम में बदलाव देखने को मिला है। बारिश से जहां तापमान में कुछ कमी आई, वहीं गर्मी और उमस से परेशान लोगों को भी राहत मिली। सोमवार को भी बारिश होने की संभावना के चलते मौसम के और बेहतर होने की उम्मीद है।
रक्षाबंधन पर पांच विशेष ट्रेनें चलेंगी:यात्रियों की भीड़ कम करने को संचालन, टूंडला में भी ठहराव
फिरोजाबाद में रक्षाबंधन पर यात्रियों की बढ़ती भीड़ को देखते हुए रेल प्रशासन ने पांच विशेष ट्रेनें चलाने का निर्णय लिया है। इनमें तीन साप्ताहिक और दो आरक्षित सुपरफास्ट विशेष ट्रेनें शामिल हैं। इन ट्रेनों के संचालन से नियमित ट्रेनों पर यात्रियों का दबाव कम होगा और पर्व पर घर जाने वाले यात्रियों को काफी राहत मिलेगी। प्रयागराज के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी डॉ. शिवम शर्मा ने बताया कि ट्रेन संख्या 02275 सूबेदारगंज-शकूरबस्ती साप्ताहिक विशेष 25 और 30 अगस्त को तीन-तीन फेरों में संचालित होगी। वापसी में ट्रेन संख्या 02276 शकूरबस्ती-सूबेदारगंज 26 और 31 अगस्त से तीन-तीन फेरे लगाएगी। इसके अतिरिक्त, ट्रेन संख्या 04147 सूबेदारगंज-शकूरबस्ती 26 अगस्त को एक फेरा लगाएगी, जबकि ट्रेन संख्या 04148 शकूरबस्ती-सूबेदारगंज 27 अगस्त को एक फेरा लगाएगी। एक अन्य साप्ताहिक विशेष ट्रेन संख्या 04163 सूबेदारगंज-शकूरबस्ती 27 अगस्त को चलेगी। इसकी वापसी ट्रेन संख्या 04164शकूरबस्ती-सूबेदारगंज 28 अगस्त को संचालित होगी।इन सभी विशेष ट्रेनों का टूंडला में भी ठहराव रहेगा। सूबेदारगंज से चलकर ये ट्रेनें फतेहपुर, कानपुर और इटावा होते हुए अगले दिन रात 2:20 बजे टूंडला जंक्शन पहुंचेंगी। यहां दो मिनट के ठहराव के बाद अलीगढ़ और दिल्ली होते हुए सुबह 10 बजे शकूरबस्ती पहुंचेंगी। वापसी में, शकूरबस्ती से दोपहर 12 बजे चलकर ट्रेन दोपहर 3:40 बजे टूंडला पहुंचेगी और दो मिनट बाद सूबेदारगंज के लिए रवाना होगी।वहीं, नई दिल्ली-कानपुर सेंट्रल के बीच भी एक आरक्षित सुपरफास्ट विशेष ट्रेन चलाई जाएगी। ट्रेन संख्या 02456, 28 अगस्त को नई दिल्ली से सुबह 7:15 बजे रवाना होकर सुबह 9:55 बजे टूंडला पहुंचेगी। वापसी में, ट्रेन संख्या 02455 कानपुर सेंट्रल से दोपहर 1:30 बजे चलकर 3:30 बजे टूंडला पहुंचेगी। इसी तरह, आनंद विहार टर्मिनल-कानपुर सेंट्रल के बीच एक और आरक्षित सुपरफास्ट विशेष ट्रेन का संचालन 30 अगस्त को होगा। ट्रेन संख्या 02458 आनंद विहार से सुबह 7:20 बजे चलकर सुबह 9:55 बजे टूंडला पहुंचेगी। वापसी में, ट्रेन संख्या 02457 कानपुर सेंट्रल से दोपहर 1:30 बजे रवाना होकर 3:30 बजे टूंडला पहुंचेगी।रेल प्रशासन के इस कदम से रक्षाबंधन पर दिल्ली, कानपुर, प्रयागराज और आसपास के क्षेत्रों के बीच सफर करने वाले यात्रियों को अतिरिक्त विकल्प मिलेगा। विशेष ट्रेनों के संचालन से नियमित ट्रेनों में भीड़ का दबाव कम होगा।
जोधपुर में मौसम साफ, बारिश का अलर्ट नहीं:मानसून सीजन में अब तक 39 फीसदी कम बरसात, उमस ने किया परेशान
जोधपुर में आज मौसम साफ बना रहने की संभावना है। मंगलवार को हल्के बादल छाए रहेंगे। हालांकि बारिश की संभावना नहीं है। मौसम विभाग के अनुसार 29 अगस्त तक बारिश का अलर्ट नहीं है। रविवार को भी शहर में हल्के बादल छाए बारिश नहीं हुई। शहर में रविवार को मौसम सामान्य रहा। दिन में धूप खिली जिससे उमस बनी रही। अधिकतम तापमान 33.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया जो सामान्य से 0.4 डिग्री कम रहा। वहीं, न्यूनतम तापमान 26.8 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड हुआ जो सामान्य से 1.0 डिग्री अधिक है। मौसम विभाग ने आने वाले कुछ दिनों तक बारिश की संभावना नहीं जताई है। मानसून सीजन की 39 फीसदी कम बारिश मौसम विभाग के अनुसार 23 अगस्त तक जोधपुर में एक जून से सामान्य से 39 प्रतिशत कम बारिश हुई है। सामान्य बारिश 228.4 एमएम होनी चाहिए थी,जबकि इस बार केवल 189.2 एमएम बारिश रिकॉर्ड की गई। जो कि मानसून सीजन क सामान्य से 39.2 फीसदी कम है। 29 अगस्त तक बारिश का अलर्ट नहीं मौसम विभाग के अनुसार आने वाले कुछ दिनों के लिए जोधपुर शहर में किसी भी तरह का कोई बारिश का अलर्ट जारी नहीं किया गया है। हालांकिइस दौरान बादल छाए रहेंगे। 29 अगस्त तक मौसम सामान्य रहेगा। इस दौरान तापमान में भी करीब 1 से 2 डिग्री तक बढ़ोतरी हो सकती है।
मेरठ के नवागंतुक एसएसपी बीबी जीटीएस मूर्ति ने अधीनस्थों के साथ परिचय मीटिंग कर उन्हें अपनी मंशा से अवगत करा दिया है। बीबी जीटीएस मूर्ति ने कहा कि पुलिसिंग में अनुशासन पहली प्राथमिकता है। इसलिए इसे बरकरार रखें। हर थानेदार का फोकस जनता की समस्याओं के निस्तारण पर होना चाहिए। इस दौरान कुछ थानों से आ रही अधिक शिकायतों को लेकर भी उन्होंने सवाल जवाब किए। दो तस्वीरें देखें… अविनाश पांडे के हटाए जाने के बाद मेरठ की जिम्मेदारी बीबी जीटीएस मूर्ति को दी गई है। वह यूपी कैडर के 2015 बैच के आईपीएस अधिकारी हैं जिनकी गिनती ईमानदार और तेजतर्रार अफसरों में होती है। रविवार श्याम उन्होंने सभी एसपी, डिप्टी एसपी, एसएचओ और थानाध्यक्षों के साथ परिचय बैठक करते हुए जिले की व्यवस्था को समझने का काम किया। हर फरियादी की सुनी जाए शिकायतएसएसपी ने कहा कि खाकी की पहचान अनुशासन है, इसलिए इसे बिगड़ने ना दें। प्रत्येक व्यक्ति अपनी जिम्मेदारियां को पूर्ण ईमानदारी से निभाए और जनसुनवाई करें। ऐसी व्यवस्था तैयार कर ले ताकि किसी फरियादी को बड़े अफसर के पास ना पड़े। महिला और बच्चों से जुड़ी शिकायतों पर एसएसपी गंभीर दिखाई दिए। बीट कांस्टेबल पुलिस का महत्वपूर्ण हिस्साएसएसपी ने कहा कि पुलिस को सामाजिक सुरक्षा का भी दायित्व संभालना है। इस कारण पुलिस की जिम्मेदारी और ज्यादा बढ़ जाती है। बीट कांस्टेबल पुलिसिंग का सबसे महत्वपूर्ण हिस्सा है जिसे मजबूत रखना है। थाने में तैनात प्रत्येक व्यक्ति को अनुशासन के साथ अपनी जिम्मेदारी को निभाना है। लोहिया नगर थाना रहा चर्चा में मेरठ का चार्ज संभालते ही एसएसपी बीबी जीटीएस मूर्ति ने जनसुनवाई शुरू की है। बैठक के दौरान जनसुनवाई का मुद्दा भी गरम रहा। लोहिया नगर और लिसाड़ी गेट थाना क्षेत्र से सबसे ज्यादा शिकायत आने पर उन्होंने हैरानी जताई। उन्होंने स्पष्ट किया कि थाने आने वाले हर फरियादी की शिकायत को गंभीरता से सुना जाए।
रतिया में आधी रात को भारी पुलिस बल की मौजूदगी में उठाया गया कूड़ा
रतिया में आधी रात को भारी पुलिस बल की मौजूदगी में उठाया गया कूड़ा
आजमगढ़ में रविवार को शाम तीन बजे से जिले में जोरदार बारिश का असर सोमवार को भी रहा। सोमवार को भी सुबह से ही आसमान में बादल छाए रहे। मौसम विभाग ने बारिश को लेकर रविवार को ऑरेंज अलर्ट जारी किया था। लगभग डेढ़ घंटे की हुई इस बारिश से कई इलाकों में पानी भी भर गया। जिले में हुई बारिश ने नगर पालिका और जिला प्रशासन के दावों की पोल खोल दी। इस बारिश से पहाड़पुर, चौक आरजी बाग, बदरका पांडेय बाजार, हीरा पट्टी रैदोपुर के कई इलाकों में पानी भर गया। जिससे लोगों को काफी समस्याओं का सामना करना पड़ा। जिले का अधिकतम तापमान 34 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया है। जबकि न्यूनतम तापमान 28 डिग्री सेल्सियस रिकार्ड किया गया है। मौसम विभाग का दावा है कि आने वाले दिनों में जिले में जोरदार बारिश होगी। बारिश से किसानों को राहत मिली है। खेतों में पानी पहुंचने से धान की रोपाई तेज होने की उम्मीद है। खरीफ की फसलों के लिए भी मौसम अनुकूल बना है। बारिश से घाघरा नदी का जलस्तर बढ़ा है। इसके बाद प्रशासन ने नदी किनारे के संवेदनशील इलाकों में निगरानी बढ़ा दी है। डीएम रविंद्र कुमार ने नदी किनारे के क्षेत्रों का निरीक्षण कर अधिकारियों को सतर्क रहने के निर्देश दिए हैं। लोगों से नदी के पास नहीं जाने की अपील की गई है। मौसम विभाग के मुताबिक अगले चार-पांच दिनों तक बारिश का दौर जारी रह सकता है। इस दौरान कई स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना है। प्रशासन ने राजस्व, सिंचाई, आपदा प्रबंधन और स्वास्थ्य विभाग को सतर्क रहने के निर्देश दिए हैं।
अजमेर में पिछले एक सप्ताह से मानसून की गतिविधियां सुस्त बनी हुई हैं। आसमान में रोजाना बादल छा रहे हैं लेकिन बादलों के बीच धूप निकलने से लोगों को गर्मी और उमस परेशान कर रही है। आज सुबह भी यही स्थिति रही। आसमान में बादल छाए रहे और बीच-बीच में धूप निकलने से तापमान बढ़ने के साथ गर्मी का अहसास हुआ। सोमवार को न्यूनतम तापमान 23.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। मौसम विभाग के अनुसार- अजमेर में आज बारिश की गतिविधियां सीमित रहने की संभावना है। हालांकि अगले दो दिन मौसम में बदलाव देखने को मिल सकता है। 25 अगस्त को अजमेर में मेघगर्जन, वज्रपात के साथ 30 से 40 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से झोंकेदार हवाएं चलने की चेतावनी है। 26 अगस्त को भी अजमेर संभाग में कहीं-कहीं बारिश होने की संभावना जताई गई है। अब तक 33.8 मिमी ज्यादा बारिश मानसून सीजन में अब तक अजमेर में 396.4 मिमी बारिश दर्ज हो चुकी है। सामान्य तौर पर इस अवधि तक 362.6 मिमी बारिश होनी चाहिए थी। यानी अब तक 33.8 मिमी ज्यादा बारिश हुई है। यह सामान्य से 9.32% अधिक है। हालांकि बारिश का आंकड़ा सामान्य से ऊपर होने के बावजूद पिछले एक सप्ताह से मानसून की सक्रियता कम होने के कारण शहर में उमस और गर्मी का असर बना हुआ है। बादल छाने के बावजूद बारिश नहीं होने से लोगों को राहत नहीं मिल पा रही है। 25 को बदल सकता है मौसम मौसम विभाग के पूर्वानुमान के मुताबिक 25 अगस्त को अजमेर में गरज-चमक और तेज हवाओं के साथ मौसम बदलने की संभावना है। इसके बाद 26 अगस्त को भी संभाग के कुछ हिस्सों में बारिश हो सकती है। यानी अगले 48 घंटे अजमेर के लिए मानसून की गतिविधियों में हल्का बदलाव लेकर आ सकते हैं।
ओडिशा में IMD का रेड अलर्ट: 7 दिनों तक भारी बारिश की चेतावनी, समुद्र तट पर न जाने की सलाह
Odisha Weather Update: बंगाल की खाड़ी में निम्न दबाव के कारण ओडिशा में अगले एक सप्ताह तक भारी बारिश जारी रहने की संभावना है, जिसके लिए कई जिलों में रेड और ऑरेंज अलर्ट जारी किए गए हैं।
बस्ती में ईंट से कूचकर पत्नी की हत्या:कहासुनी के बाद सिर पर किए ताबड़तोड़ वार, आरोपी पति फरार
बस्ती में घरेलू विवाद में पति ने पत्नी की ईंट से सिर कूचकर हत्या कर दी। मामली कहासुनी से शुरू हुआ विवाद इतना बढ़ गया कि युवक ने पत्नि के सिर पर ईंट से ताबड़तोड़ वार कर दिए। वाल्टरगंज थाना क्षेत्र का बहेरिया गांव रविवार रात करीब 11 बजे की है। वारदात के बाद आरोपी घर से फरार हो गया। सूचना मिलते ही वाल्टरगंज पुलिस मौके पर पहुंची। महिला के शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। अब पुलिस आरोपी पति की तलाश में संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही है। ग्रामीणों और पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, बहेरिया गांव निवासी फूलचंद राजभर और उसकी पत्नी किरण के बीच रविवार रात किसी बात को लेकर कहासुनी शुरू हुई। शुरुआत में यह सामान्य घरेलू विवाद माना जा रहा था, लेकिन कुछ ही देर में दोनों के बीच तीखी नोकझोंक होने लगी। रात गहराने के साथ विवाद भी बढ़ता गया। आरोप है कि इसी दौरान फूलचंद ने अपना आपा खो दिया। घर के पास पड़ी एक ईंट उठाई और पत्नी किरण के सिर पर हमला कर दिया। बताया जा रहा है कि उसने लगातार कई वार किए, जिससे किरण गंभीर रूप से घायल होकर जमीन पर गिर पड़ी। चीख-पुकार सुनकर दौड़े ग्रामीण वारदात के दौरान घर से चीखने-चिल्लाने की आवाज सुनकर आसपास रहने वाले ग्रामीणों को कुछ अनहोनी का अंदेशा हुआ। लोग मौके पर पहुंचे तो किरण गंभीर हालत में मिली। उसके सिर में गहरी चोटें थीं। ग्रामीणों ने तत्काल पुलिस को सूचना दी। हालांकि, सिर पर गंभीर चोट लगने के कारण किरण ने मौके पर ही दम तोड़ दिया था। कुछ ही देर में गांव में हत्या की खबर फैल गई और मौके पर लोगों की भीड़ जुटने लगी। रविवार की देर रात हुई इस घटना ने पूरे बहेरिया गांव को झकझोर कर रख दिया। थानाध्यक्ष ने घटनास्थल का लिया जायजा हत्या की सूचना मिलते ही वाल्टरगंज थानाध्यक्ष सूर्य प्रकाश सिंह पुलिस बल के साथ गांव पहुंचे। पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण किया और वहां मौजूद लोगों से घटना के बारे में जानकारी ली। इसके बाद महिला के शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया। पुलिस अब इस बात की भी जांच कर रही है कि आखिर पति-पत्नी के बीच विवाद किस बात को लेकर हुआ था और क्या दोनों के बीच पहले से किसी बात को लेकर तनाव चल रहा था। थानाध्यक्ष सूर्य प्रकाश सिंह के मुताबिक, आरोपी पति फूलचंद घटना के बाद से फरार है। उसकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस की टीमें संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही हैं। घर से फरार हुआ फूलचंद वारदात के बाद फूलचंद राजभर के फरार होने से पुलिस का शक और गहरा गया है। पुलिस लगातार उसकी तलाश कर रही है और परिचितों व संभावित ठिकानों से भी जानकारी जुटाई जा रही है। दूसरी तरफ, बहेरिया गांव में इस घटना को लेकर मातम और सन्नाटा पसरा है। ग्रामीणों के बीच सबसे बड़ा सवाल यही है कि आखिर रविवार रात ऐसा क्या हुआ, जिसने पति-पत्नी के विवाद को हत्या तक पहुंचा दिया। फिलहाल, पुलिस मामले की गहन जांच कर रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। पुलिस का कहना है कि फरार आरोपी को जल्द गिरफ्तार कर उसके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
टोहाना में प्रशासन ने 15 ट्रैक्टर-ट्रॉलियों से उठाया लगभग 500 टन कचरा
टोहाना में प्रशासन ने 15 ट्रैक्टर-ट्रॉलियों से उठाया लगभग 500 टन कचरा
टीकमगढ़ जिले में पिछले पांच दिनों से मानसून सक्रिय है। रुक-रुककर हो रही बारिश से नदी-नालों का जलस्तर बढ़ गया है। पिछले 24 घंटे में जिले में औसतन 0.7 इंच बारिश दर्ज की गई। इस दौरान टीकमगढ़ और मोहनगढ़ में सबसे ज्यादा 2-2 इंच बारिश हुई। वहीं, बड़ागांव और जतारा में आधा-आधा इंच बारिश रिकॉर्ड की गई। बल्देवगढ़ और पलेरा में बारिश नहीं हुई, जबकि खरगापुर और लिधौरा में हल्की बूंदाबांदी हुई। बान सुजारा बांध 71.51% भरा, 12 गेट बंद बान सुजारा बांध का जलस्तर भी बढ़ रहा है। बांध प्रबंधन के अनुसार, बांध 71.51% भर चुका है। धसान नदी से पानी की आवक बढ़ी है। पिछले 24 घंटे में 160 घन मीटर प्रति सेकंड की दर से पानी बांध में आ रहा है। हालांकि, बांध के सभी 12 गेट अभी बंद हैं। बांध की पूर्ण भराव क्षमता 276.04 मैट्रिक घन मीटर बताई गई है। वर्तमान में इसमें 197.40 मैट्रिक घन मीटर पानी भरा है। कुंडेश्वर में जमडार नदी उफान पर लगातार बारिश के कारण कुंडेश्वर में जमडार नदी भी उफान पर है। बारिश का असर किसानों पर भी दिखाई देने लगा है। किसान उड़द की फसल को लेकर चिंतित हैं। किसान राधेश्याम रैकवार ने बताया कि पिछले पांच दिनों से हो रही लगातार बारिश से उड़द की फलियों को नुकसान पहुंच रहा है। उन्होंने कहा कि अब कुछ दिनों के लिए बारिश से राहत की जरूरत है। पलेरा में सबसे ज्यादा 34.5 इंच बारिश भू-अभिलेख कार्यालय के अनुसार, जिले में अब तक सबसे ज्यादा बारिश पलेरा तहसील में 866 मिमी यानी 34.5 इंच दर्ज की गई है। सबसे कम बारिश लिधौरा में 215 मिमी यानी 8.5 इंच हुई है। जिले की औसत सामान्य बारिश 40 इंच बताई गई है। बड़ागांव और लिधौरा में 40% से कम बारिश हुई है, जबकि अन्य तहसीलों में 50% से 70% तक बारिश होने की जानकारी दी गई है। मौसम विभाग ने आज भी जिले में अच्छी बारिश की संभावना जताई है। बारिश जारी रहने की स्थिति में नदी-नालों और बांध के जलस्तर पर नजर रखी जा रही है। अब तक बारिश का तहसीलवार आंकड़ा: टीकमगढ़: 32.2 इंचबड़ागांव: 15.8 इंचबल्देवगढ़: 22.5 इंचखरगापुर: 29.5 इंचजतारा: 22.5 इंचमोहनगढ़: 20.6 इंचपलेरा: 34.5 इंचलिधौरा: 8.5 इंच टीकमगढ़ जिले में पिछले पांच दिनों से मानसून सक्रिय है, जिसके कारण रुक-रुक कर हो रही बारिश से नदी-नाले उफान पर हैं। पिछले 24 घंटों के दौरान जिले में औसत 0.7 इंच बारिश दर्ज की गई। इस अवधि में टीकमगढ़ और मोहनगढ़ तहसीलों में सर्वाधिक 2 इंच बारिश हुई, जबकि बड़ागांव और जतारा तहसील में आधा इंच बारिश रिकॉर्ड की गई। बल्देवगढ़ और पलेरा में कोई बारिश नहीं हुई, वहीं खरगापुर और लिधौरा में हल्की बूंदाबांदी हुई। जिले में अब तक कुल 23.02 इंच औसत बारिश हो चुकी है।बान सुजारा बांध का जलस्तर भी तेजी से बढ़ रहा है। बांध प्रबंधन के अनुसार, वर्तमान में बांध 71.51 प्रतिशत भर चुका है। धसान नदी से पानी की आवक में वृद्धि हुई है, और पिछले 24 घंटों के दौरान 160 घन मीटर प्रति सेकंड की रफ्तार से पानी बांध में आ रहा है। हालांकि, बांध के सभी 12 गेट अभी भी बंद हैं। बांध की पूर्ण भराव क्षमता 276.04 मैट्रिक घन मीटर है, जिसमें से वर्तमान में 197.40 मैट्रिक घन मीटर पानी भर गया है।कुंडेश्वर में जमडार नदी भी उफान पर है। लगातार बारिश से किसानों को उड़द की फसल को लेकर चिंता सता रही है। किसान राधेश्याम रैकवार ने बताया कि पिछले पांच दिनों से हो रही लगातार बारिश से उड़द की फलियों को नुकसान पहुंच रहा है, और अब कुछ दिनों के लिए बारिश से राहत की आवश्यकता है।भू-अभिलेख कार्यालय से प्राप्त जानकारी के अनुसार, जिले में सर्वाधिक बारिश पलेरा तहसील में 866 मिमी (34.5 इंच) दर्ज की गई है, जबकि सबसे कम बारिश लिधौरा तहसील में 215 मिलीमीटर (8.5 इंच) हुई है। अन्य तहसीलों में टीकमगढ़ में 32.2 इंच, बड़ागांव में 15.8 इंच, बल्देवगढ़ में 22.5 इंच, खरगापुर में 29.5 इंच, जतारा में 22.5 इंच और मोहनगढ़ में 20.6 इंच बारिश हुई है। जिले में कुल औसत बारिश का आंकड़ा 40 इंच है। बड़ागांव और लिधौरा तहसील में 40 प्रतिशत से भी कम बारिश हुई है, जबकि अन्य तहसीलों में 50 से 70 प्रतिशत तक बारिश हो चुकी है। मौसम विभाग ने आज एक बार फिर अच्छी बारिश की संभावना जताई है।
सीतापुर में सावन के अंतिम सोमवार को जिलेभर के शिवालयों में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ी। शहर से लेकर ग्रामीण क्षेत्रों तक सुबह से ही मंदिरों में भगवान शिव के जलाभिषेक के लिए भक्तों की कतारें लगी रहीं। कांवड़ियों ने विभिन्न घाटों से गंगाजल समेत पवित्र जल लाकर भगवान शिव का अभिषेक किया। श्रद्धालुओं ने बेलपत्र, धतूरा, दूध, दही और अन्य पूजन सामग्री अर्पित कर विधि-विधान से भगवान शिव की पूजा-अर्चना की। शहर के प्रसिद्ध श्यामनाथ मंदिर में भी सुबह से श्रद्धालु पहुंचते रहे। हालांकि पिछले सोमवारों की तुलना में अंतिम सोमवार को यहां भक्तों की भीड़ कुछ कम नजर आई। महिलाओं ने भी मंदिर पहुंचकर भगवान शिव का पूजन किया और सुख-समृद्धि की कामना की। श्रद्धालुओं की सुरक्षा और यातायात व्यवस्था को लेकर पुलिस प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद रहा। डीएम एसपी ने रातभर विभिन्न शिवालयों और कांवड़ मार्गों का भ्रमण कर सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया। बिसवां क्षेत्र स्थित पत्थर शिवाला मंदिर में भी डीएम एसपी ने पहुंचकर भगवान शिव को जल अर्पित किया और मौके पर व्यवस्थाओं का निरीक्षण किया। चहलारी घाट पर जल लेने पहुंचे कांवड़ियों की सुरक्षा व्यवस्था का भी अधिकारियों ने बारीकी से निरीक्षण किया। घाटों पर पुलिस बल की तैनाती के साथ कांवड़ियों की आवाजाही और भीड़ को नियंत्रित करने के लिए आवश्यक इंतजाम किए गए। यातायात व्यवस्था को सुचारु बनाए रखने के लिए गोला रोड पर सोमवार शाम छह बजे तक भारी और छोटे वाहनों का आवागमन पूरी तरह प्रतिबंधित रहा। वाहनों को महोली और बड़ागांव मार्ग से डायवर्ट कर निकाला गया। जिले के प्रमुख शिवालयों में उमड़ने वाली भीड़ को देखते हुए पुलिस सीसीटीवी कंट्रोल रूम से लगातार निगरानी करती रही। अधिकारियों ने संवेदनशील स्थानों पर तैनात पुलिसकर्मियों को सतर्क रहने के निर्देश दिए है।
नोएडा की पार्किंग में विवाद के बाद मारपीट:चालक को मारे थप्पड़, डंडा लेकर पीटने आए, पुलिस कर रही जांच
सेक्टर-63 स्थित नोएडा प्राधिकरण से आवंटित सरफेस पार्किंग में एक कार चालक का संचालकों से किसी बात पर विवाद हो गया। फिर संचालकों ने घेर कर कार चालक की पिटाई की। पिटाई का यह वीडियो पार्किंग में मौजूद दूसरे वाहन चालक ने बनाकर सोशल मीडिया पर साझा कर पुलिस को सूचना दी। वायरल वीडियो को संज्ञान में लेकर सेक्टर-63 थाना पुलिस ने जांच शुरू कर दी है। एच ब्लाक की घटना पुलिस के मुताबिक घटना सेक्टर के एच ब्लाक की है। थाना प्रभारी अमित कुमार ने बताया कि जांच की जा रही है। मारपीट के आरोपियों की पहचान की जा रही है। वायरल हुए वीडियो में पार्किंग संचालन करने वाले गार्ड व उनके सहयोगी एक युवक को पीटते दिख रहे हैं। फिर कुछ लोग बीच-बचाव कर देते हैं। इसके बाद फिर युवक को एक व्यक्ति डंडे से आकर पिटाई करता है। पहले भी आ चुकी शिकायत गौरतलब है कि सेक्टर-63 औद्योगिक सेक्टर में प्राधिकरण की सरफेस पार्किंग पहले भी विवादों में रह चुकी है। वाहन चालकों से ज्यादा रुपये की वसूली, औद्योगिक इकाई में सामान उतारने आने वाले ट्रक चालकों से वसूली की भी शिकायतें भी सामने आ चुकी है। फिलहाल पुलिस वायरल वीडियो के आधार पर जांच कर रही है।
अजमेर के दिल्ली गेट के पास रविवार रात 11:45 बजे एक ऑटो ड्राइवर और जायरीन के बीच मामूली सी बात को लेकर विवाद हो गया। मामला इतना बढ़ा कि दोनों पक्षों के बीच जमकर मारपीट हुई। जानकारी अनुसार पैदल जा रहे जायरीन को ऑटो ड्राइवर ने सामने से हटने को कहा था। इस पर उनके बीच गाली-गलौज और मारपीट हो गई। जायरीन के साथियों ने भी ड्राइवर को पीटना शुरू कर दिया। ऐसे मे ऑटो में सवार लोगों ने भी जायरीन को पीटना शुरू कर दिया। 10 मिनट तक दोनों पक्षों में जमकर मारपीट हुई। सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची। हालांकि तब तक दोनों पक्ष के लोग वहां से भाग गए। फिलहाल कोई मामला दर्ज नहीं कराया गया है। इन 2 फोटो में देखें घटना….
कैथल में पिछले 18 दिनों से जारी सफाई कर्मचारियों की हड़ताल के कारण शहर के हालात बेकाबू हो रहे हैं। शहर के मुख्य चौक-चौराहों से लेकर आम गलियों तक, हर तरफ कचरे के अंबार लगे हुए हैं। कर्मचारियों ने सफाई का कार्य पूरी तरह से बंद कर दिया है और नगर परिषद कार्यालय के बाहर धरने पर बैठे हुए हैं। जेसीबी मशीन और ट्रैक्टर ट्राली के साथ पहुंची टीम बदबू और बीमारियों के खतरे से निपटने के लिए जिला प्रशासन ने आखिरकार रात के अंधेरे में बड़ा कदम उठाया। सफाई व्यवस्था पूरी तरह ठप होने पर जिला प्रशासन ने एक अहम बैठक की और आधी रात को कचरा उठाने की रणनीति बनाई। रात करीब 12 बजे भारी पुलिस बल की तैनाती के साथ प्रशासन की टीमें ढांड रोड स्थित कचरा पॉइंट पर जेसीबी मशीन और ट्रैक्टर ट्राली के साथ पहुंची। रोड से कचरे का उठान करवाया। महिला पुलिसकर्मियों का बुलाया गया हड़ताली कर्मचारियों के विरोध की आशंका को देखते हुए मौके पर डीएसपी बीरभान खुद मौजूद रहे। सैकड़ों की संख्या में पुलिस कर्मचारियों को मौके पर बुलाया गया। महिला सफाई कर्मचारी आकर किसी प्रकार का विरोध न कर दें, इसलिए महिला कर्मचारियों से निपटने के लिए भी महिला पुलिस कर्मियों की एक विशेष टुकड़ी तैनात की गई। डंपिंग पॉइंट्स से कचरा हटाकर गाड़ियों में भरा कड़ी सुरक्षा के बीच शहर के प्रमुख डंपिंग पॉइंट्स से कचरा हटाकर गाड़ियों में भरा गया। प्रशासन की इस अचानक हुई कार्रवाई से हड़ताली कर्मचारियों में रोष दिखाई दिया। हालांकि रात में हुई इस सफाई से शहरवासियों ने राहत की सांस ली है, लेकिन कर्मचारियों की अनिश्चितकालीन हड़ताल के चलते मामला अभी भी गर्माया हुआ है। इस संबंध में डीएसपी वीरभान ने कहा कि रात के समय करीब 12 बजे पुलिस की टीमें मौके पर पहुंची थी। पुलिस के पहरे में नगर परिषद के अधिकारियों द्वारा कचरे का उठान करवाया गया। इस दौरान किसी प्रकार का विरोध सामने नहीं आया।
जसोला में शनिवार दोपहर पतंग पकड़ने के दौरान 15 वर्षीय मिथुन खुले नाले में गिर गया था।
जोधपुर शहर के अलग-अलग थाना क्षेत्रों में पिछले 24 घंटों के दौरान 2 करोड़ की रंगदारी मांगने, जेल में बंदी की संदिग्ध मौत, फर्जी प्लॉट गिरोह के पर्दाफाश समेत कई मामले दर्ज किए गए हैं। पुलिस की टीमें अब इन मामलों की पड़ताल और आरोपियों की तलाश में जुटी हैं। जोधपुर के नागोरी गेट थाना क्षेत्र में स्थित जगदम्बा ज्वेलर्स से चांदी की पायलों का बॉक्स चोरी होने का मामला सामने आया है। दुकान मालिक मुकेश सोनी की रिपोर्ट पर पुलिस ने अज्ञात बदमाशों के खिलाफ चोरी का मामला दर्ज कर आसपास के सीसीटीवी फुटेज खंगालना शुरू कर दिया है। सेंट्रल जेल में कैदी की मौत जोधपुर के रातानाडा थाना क्षेत्र स्थित सेंट्रल जेल में बंद विचाराधीन बंदी की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत होने का मामला सामने आया है। कैदी की मौत 2 अगस्त को हुई थी। अब पत्नी की तरफ से मामला दर्ज करवाया गया है। मृतका की पत्नी लीला चौधरी की रिपोर्ट पर पुलिस ने मामला दर्ज किया है। पुलिस प्रशासनिक अधिकारियों की देखरेख में मामले की जांच कर रही है। फर्जी कागजात दिखाकर धोखाधड़ी का आरोप जोधपुर के भगत की कोठी थाने में फर्जी कागजात दिखाकर करोड़ों का प्लॉट बेचने और धोखाधड़ी करने का मामला सामने आया है। कृष्णा नगर निवासी बृजमोहन आशिया ने थाने में रिपोर्ट दी। बताया कि आरोपियों ने फर्जी दस्तावेज थमा दिए और पैसे हड़प लिए। पुलिस ने अर्जुन सोलंकी, हिम्मताराम, भंवरलाल समेत 6 आरोपियों के खिलाफ बीएनएस की धारा 318(4) व आईटी एक्ट में मामला दर्ज किया है। तेज स्पीड वाहन ने मारी टक्कर जोधपुर के बोरानाडा थाना क्षेत्र में तेज रफ्तार वाहन की टक्कर से एक युवक की मौत होने का मामला सामने आया है। ईपीआईपी सर्किल के पास लापरवाही से वाहन चला रहे चालक ने प्रार्थी के भाई की बाइक को टक्कर मार दी। एम्स अस्पताल में इलाज के दौरान युवक ने दम तोड़ दिया, जिसके बाद पुलिस ने आरोपी चालक पर मुकदमा दर्ज किया है। 21 साल के युवक ने लगाया फंदा जोधपुर के शास्त्रीनगर थाना क्षेत्र में 21 वर्षीय युवक द्वारा फंदा लगाकर आत्महत्या करने का मामला सामने आया है। कमला नेहरू नगर निवासी जोन मसीहा का शव घर में मिलने से इलाके में सनसनी फैल गई। पुलिस ने मृग दर्ज कर जांच शुरू की है। 23 साल की विवाहिता हुई लापता जोधपुर के बनाड़ थाना क्षेत्र में खांगटा अस्पताल के पास से 23 साल की विवाहिता के संदिग्ध परिस्थितियों में लापता होने का मामला सामने आया है। महिला अस्पताल जाने की बात कहकर घर से निकली थी, लेकिन जब देर शाम तक कोई सुराग नहीं मिला, तो परिजनों की रिपोर्ट पर बनाड़ थाना पुलिस ने गुमशुदगी दर्ज कर तलाश शुरू की है।
फरीदाबाद के जैतपुर पुश्ता रोड से डीएनडी महारानी बाग की ओर जाने वाले डीएनडी-केएमपी एक्सप्रेसवे की दूसरी लाइन को आज (सोमवार) से शुरू कर दिया जाएगा। अभी तक केवल दिल्ली व नोएडा से फरीदाबाद आने वीली लाइन को खोला गया था। लेकिन अब दूसरी लाइन के खोले जाने से दिल्ली और नोएडा की तरफ जाने वाले लोगों को फायदा मिलेगा। 30 दिन के ट्रायल पर खोला गया NHAI से मिली जानकारी के अनुसार 2 दिन पहले दिल्ली-मुंबई-बड़ौदा एक्सप्रेसवे से जुड़े डीएनडी-केएमपी एक्सप्रेसवे पर महारानी बाग के डीएनडी फ्लाईओवर से जैतपुर पुश्ता रोड तक करीब 9 किलोमीटर लंबा मार्ग को 30 दिन के ट्रायल के लिए खोला जा रहा है। इन 30 दिनों में विभाग के द्वारा स रूट पर ट्रैफिक के दबाव और सुरक्षा मानकों को परखा जा रहा है। PM नरेन्द्र मोदी करेंगे उद्घाटन एनएचएआई के एक अधिकारी ने बताया कि अभी केवल ट्रायल के लिए इसको खोला गया है। ट्रायल के पूरा होने के बाद प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के द्वारा इसका विधिवत उद्घाटन किया जाएगा। जिसके बाद फरीदाबाद से दिल्ली और नोएडा आने जाने वाले लोगो को लिए इसको पूरी तरह से खोल दिया जाएगा। पूर्वी दिल्ली, गाजियाबाद और नोएडा के वाहन चालक डीएनडी से एक्सप्रेसवे पर चढ़कर आसानी से फरीदाबाद, सोहना और आगे जयपुर की ओर जाने लगे हैं। मंडकौला और KMP एक्सप्रेसवे से जोड़ा DND-KMP कॉरिडोर को दिल्ली के महारानी बाग से आगे फरीदाबाद होते हुए पलवल के मंडकौला और KMP एक्सप्रेसवे से जोड़ा गया है। इसके अलग-अलग हिस्सों में दिल्ली से जैतपुर पुश्ता तक करीब 9 किमी, उसके बाद फरीदाबाद तक करीब 24 किमी और फरीदाबाद से KMP तक करीब 26 किमी का हिस्सा है। बाकि हिस्सों में अभी निमार्ण कार्य चल रहा है। जेवर एयरपोर्ट तक जुड़ेगा फरीदाबाद फरीदाबाद को जेवर इंटरनेशनल एयरपोर्ट से भी जोड़ा जा रहा है। आने वाले समय में फरीदाबाद से जेवर एयरपोर्ट तक का सफर करीब आधे घंटे में पूरा किया जा सकेगा। इसके अलावा दिल्ली-मुंबई-बड़ौदा एक्सप्रेसवे के मझावली से ग्रेटर नोएडा तक के हिस्से को भी जल्द शुरू किए जाने की उम्मीद है।
झारखंड एडवोकेट एसोसिएशन कार्यकारिणी में महिलाओं का परचम, 9 में 7 सीटों पर जीत
झारखंड एडवोकेट एसोसिएशन के कार्यकारिणी चुनाव में महिला अधिवक्ताओं का दबदबा रहा, नौ में से सात पदों पर उन्होंने जीत दर्ज की। कविता कुमारी ने सर्वाधिक मतों के साथ पहला स्थान हासिल किया, जबकि शैल लकड़ा पहली जनजातीय महिला सदस्य बनीं।
नशे की लत का इलाज अब एसएसएस हॉस्पिटल में फ्री होगा। इसके लिए आईपीडी फैसेलिटी शुरू की गई है। जो एसएमएस मेडिकल कॉलेज के अधीन मनोचिकित्सा केन्द्र के अंतर्गत शुरू की गई है। यहां नशे की लत को छुड़वाने के लिए 10 बैड की व्यवस्था की गई है, लेकिन आने वाले समय में इन बैड की संख्या को और बढ़ाया जाएगा। नेशनल ड्रग डिपेंडेंस ट्रीटमेंट सेंटर (NDDTC) के अंतर्गत ये सेवाएं शुरू की गई हैं। यहीं से मरीजों के लिए दवाइयां और जरूरी सामान्य दिए जा रहे हैं। मनोचिकित्सा केन्द्र जयपुर के अधीक्षक डॉक्टर योगेश सतीजा ने बताया- इस सेंटर के शुरू होने का सबसे ज्यादा फायदा उन मरीजों के लिए जो शराब या दूसरे नशे के एडिक्ट हो गए हैं। उनको ये लत छोड़ने में परेशानी हो रही है। NDDTC से आने वाली दवाएं विशेष रूप से ऐसे मरीजों के लिए होती है, जिनको नशे की जबरदस्त लत होती है। एक पैसा नहीं होगा खर्च एडिक्शन ट्रीटमेंट फैसिलिटी के नोडल अधिकारी डॉ. धर्मदीप सिंह ने बताया- इस योजना के तहत अब मनोचिकित्सा केंद्र में केवल नशा छुड़ाने की शुरुआती दवाएं ही नहीं, बल्कि लंबे समय तक नशे से दूर रखने वाली दवाएं भी मरीजों को दी जा रही हैं। शराब छोड़ने के बाद होने वाली तलब कम करने वाली दवाएं, अफीम और स्मैक जैसे ओपिओइड नशे के लिए मेडिकेशन असिस्टेड ट्रीटमेंट के साथ-साथ गांजा, नींद की गोलियों और अन्य नशों के उपचार की दवाएं भी निःशुल्क दी जा रही हैं। इस पूरे इलाज के दौरान मरीज का एक भी पैसा खर्च नहीं होगा। 20 से 45 साल की उम्र के मरीज सबसे ज्यादा डॉक्टर धर्मदीप सिंह ने बताया- हमारे पास मनोचिकित्सा केंद्र में शराब, अफीम, स्मैक, हेरोइन, डोडा-पोस्त, तंबाकू, गुटखा, बीड़ी-सिगरेट, गांजा, नींद की गोलियों और अन्य नशीले पदार्थों की लत से छुटकारा पाने के लिए बड़ी संख्या में मरीज पहुंचते हैं। इनमें अधिकांश मरीजों की उम्र 20 से 45 वर्ष के बीच होती है। हमारे यहां दवाओं के साथ मरीजों और उनके परिजनों की काउंसलिंग भी की जाती है, ताकि दोबारा नशे की ओर लौटने की संभावना कम हो।
दानापुर में केंद्र सरकार की अमृत 2.0 योजना के तहत 93.56 करोड़ रुपये की जलापूर्ति परियोजना को हरी झंडी मिली है। यह योजना 5,877 से अधिक घरों तक नल से शुद्ध पानी पहुंचाएगी और पेयजल नेटवर्क को मजबूत करेगी।
फतेहाबाद में पिछले 17 दिनों से जारी नगर परिषद सफाई कर्मचारियों की हड़ताल के बीच रविवार आधी रात को जिला प्रशासन ने सख्त रुख अपनाते हुए बड़ा एक्शन लिया। शहर में लगे कचरे के ढेरों से आम जनता को राहत दिलाने के लिए भारी पुलिस बल की मौजूदगी में सभी मुख्य डंपिंग साइट्स से कचरा उठाने का काम शुरू करवा दिया गया। इस दौरान करीब 60 से 70 सफाई कर्मचारी मौके पर पहरा दे रहे थे, जिन्हें हटाने और स्थिति संभालने के लिए करीब 400 पुलिसकर्मी मैदान में उतरे। रविवार शाम से ही पुलिस लाइन में लोडर, जेसीबी और आवश्यक संसाधन जुटने शुरू हो गए थे और पुलिस बल की ड्यूटियां लगा दी गई थीं। वहीं कर्मचारी भी नगर परिषद कार्यालय और डंपिंग साइट्स पर लगातार पहरा दे रहे थे। रात करीब 1 बजे पुलिस की टीमों ने रणनीति बनाकर कर्मचारियों को अलग-अलग पॉइंट की तरफ ध्यान भटकाया और 1:15 बजे दर्जनों गाड़ियों का काफिला भूना रोड स्थित मुख्य डंपिंग पॉइंट पर जा पहुंचा। मौके पर ये बड़े अधिकारी रहे मौजूद इस टीम का नेतृत्व ड्यूटी मजिस्ट्रेट सतपाल रोहज, जिला नगर आयुक्त प्रवीण कुमार, डीएसपी संजय बिश्नोई, सिटी थाना प्रभारी सुरेंद्र और सदर थाना प्रभारी प्रहलाद सिंह सहित तमाम पुलिस शाखा प्रभारियों ने किया। कर्मचारियों ने लोडर घेरा, राष्ट्रगान शुरू किया जैसे ही प्रशासनिक टीमें और गाड़ियां मौके पर पहुंचीं, तो कर्मचारियों ने जोरदार नारेबाजी शुरू कर दी। कर्मचारियों ने आगे चल रहे लोडर को घेर लिया और उसके ऊपर चढ़कर विरोध जताया। इसके तुरंत बाद पुलिस एक्शन मोड में आई और कर्मचारियों को हिरासत में लेना शुरू कर दिया। 50 से ज्यादा कर्मचारियों को हिरासत में लेकर बसों के जरिए थाना और चौकियों में भेजा गया। इस दौरान कुछ कर्मचारी कचरा पॉइंट के पास खड़े होकर राष्ट्रगान गाने लगे, जिसके बाद पुलिस ने उन्हें भी हिरासत में ले लिया ताकि सफाई अभियान निर्बाध रूप से चलाया जा सके। 14 में से 13 मांगों पर सहमति, पक्का करने पर असहमति मामले की जानकारी देते हुए जिला नगर आयुक्त प्रवीण कुमार ने बताया कि सरकार ने कर्मचारियों की 14 में से 13 मांगों पर सहमति जता दी थी। कर्मचारियों को पक्का करने की एकमात्र मांग पर कानूनी अड़चनों के कारण पेंच फंसा था और आश्वासन दिया गया था कि कानूनी बाधाएं दूर होते ही इस पर भी सहमति बन जाएगी। इसके बावजूद कर्मचारी 17 दिनों से हड़ताल पर डटे रहे, जिससे पूरे शहर में जगह-जगह कचरे के ढेर लग गए थे। उन्होंने बताया कि इस विशेष सफाई अभियान के लिए शहर की सामाजिक संस्थाओं से सहयोग लेकर मैनपावर और संसाधन जुटाए गए हैं। अब सभी डंपिंग पॉइंट खाली करवा दिए जाएंगे और कल से शहर में नियमित सफाई व्यवस्था बहाल हो जाएगी। धरना स्थल पर डटे नेता, जनता को मिली राहत रात को हुई इस बड़ी कार्रवाई और हंगामे के बाद भी मुख्य कर्मचारी नेताओं सहित करीब 15 से 20 कर्मचारी धरना स्थल पर डटे हुए हैं। कर्मचारी नेताओं का कहना है कि वे अब सोमवार को बैठक करके आगे के आंदोलन की रणनीति तय करेंगे। दूसरी ओर, आधी रात को हुए इस घटनाक्रम और शहर से कचरा हटने की शुरुआत होने से स्थानीय नागरिकों ने बड़ी राहत की सांस ली है।
सवाईमाधोपुर में अब तक औसत की आधी से कम बारिश:रातभर रुक-रुककर हुई बरसात; अगले 3 दिन येलो अलर्ट
सवाई माधोपुर में कई दिनों से थमा बारिश का दौर रविवार शाम फिर शुरू हुआ और रातभर रुक-रुककर पानी बरसा। पिछले 24 घंटे में जिले के सभी रेनगेज सेंटर पर कुल 308 MM बारिश दर्ज की गई। इसके बावजूद जिले में अब तक 319.5 MM बारिश ही हुई है, जबकि औसत 675 MM है। मौसम विभाग ने अगले तीन दिनों के लिए बारिश का येलो अलर्ट जारी किया है। औसत की आधी से भी कम बारिश सवाई माधोपुर जिले में अब तक बारिश औसत की आधी से भी कम हुई है। जिले में बारिश का औसत 675 MM है, जबकि सोमवार सुबह 8 बजे तक 319.5 MM बारिश दर्ज की गई। हालांकि पिछले 24 घंटे में जिले के सभी रेनगेज सेंटरों पर कुल 308 MM बारिश दर्ज की गई है।
कोटपूतली में 2.17 लाख के जाली नोट बरामद:दो आरोपी गिरफ्तार, बाजार में सर्कुलेट कर कमाए 74 हजार रुपए
कोटपूतली पुलिस ने जाली करेंसी चलाने वाले एक नेटवर्क का भंडाफोड़ किया है। पुलिस ने रविवार शाम को 2 लाख 17 हजार 500 रुपए मूल्य के 500-500 रुपए के 435 जाली नोट बरामद किए हैं। इस मामले में दो आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार आरोपियों ने पिछले दो दिनों में कोटपूतली बाजार में जाली नोट चलाकर 74 हजार 440 रुपए की असली करेंसी हासिल की थी। 40 हजार में खरीदे 4 लाख के जाली नोट आरोपियों की पहचान बहरोड़ सदर निवासी निशीकांत गुप्ता (40) और राहुल सैन (22) के रूप में हुई है। प्रारंभिक पूछताछ में सामने आया है कि आरोपी कथित तौर पर 40 हजार रुपए की असली करेंसी देकर लगभग 4 लाख रुपए की जाली करेंसी प्राप्त करते थे। आगामी निकाय एवं पंचायती राज चुनावों के मद्देनजर पुलिस ने क्षेत्र में निगरानी और गश्त बढ़ा रखी थी। इसी दौरान संदिग्ध गतिविधियों की सूचना मिलने पर पुलिस टीम ने दोनों युवकों को हिरासत में लिया। तलाशी के दौरान उनके पास से 435 जाली नोट मिले। पुलिस ने दोनों आरोपियों के खिलाफ कोटपूतली थाने में मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस अब यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि ये जाली नोट कहां तैयार होते थे, आरोपियों को ये किससे मिलते थे और इस नेटवर्क में अन्य कौन-कौन लोग शामिल हैं।
इलाहाबाद हाईकोर्ट की लखनऊ पीठ ने गोंडा की मंडलायुक्त दुर्गा शक्ति नागपाल के खिलाफ कड़ा रुख अपनाया है। उन पर गोंडा की एक सिविल जज को फोन कर लंबित भूमि विवाद मामले को प्रभावित करने का आरोप है। यह मामला आपराधिक अवमानना के तहत विचार योग्य माना गया है। न्यायमूर्ति सैयद कमर हसन रिजवी ने 21 अगस्त को सुनवाई करते हुए टिप्पणी की कि किसी न्यायिक अधिकारी पर फोन कर दबाव बनाना प्रथम दृष्टया न्यायपालिका की स्वतंत्रता पर सीधा प्रहार है। इसे न्याय प्रशासन में बाधा पैदा करने जैसा माना गया है। हाईकोर्ट ने मुख्य न्यायाधीश अथवा वरिष्ठ न्यायाधीश से निर्देश लेकर इस मामले को उपयुक्त अदालत के समक्ष पेश करने का आदेश दिया है। यह पूरा विवाद 'ज्योति विद्या मंदिर स्कूल' और 'नगर पालिका परिषद, गोंडा' के बीच वर्ष 1997 से लंबित नजूल भूमि विवाद से जुड़ा है। प्रशासन का कहना है कि यह जमीन कार्यालय भवन व अन्य सरकारी उपयोग के लिए आरक्षित थी, जिस पर स्कूल भवन का निर्माण कराया गया। यह मामला साक्ष्य के स्तर पर लंबित है और जमीन पर यथास्थिति बनाए रखने का आदेश प्रभावी है। स्कूल पक्ष ने आरोप लगाया है कि प्रशासनिक अधिकारी अपने पद का दुरुपयोग कर अदालत पर अनुचित दबाव बना रहे हैं। हाईकोर्ट में सुनवाई के दौरान गोंडा की सिविल जज शबीना खान ने जानकारी दी कि 15 जुलाई को मंडलायुक्त के साथ उनकी फोन पर बातचीत हुई थी, जिसमें इस लंबित मामले का भी जिक्र हुआ था। सिविल जज के आग्रह पर जिला जज ने मुकदमे को गोंडा की ही दूसरी अदालत में स्थानांतरित कर दिया था। जज ने गोंडा जिला जज को एक पत्र लिखा था, जिसमें कई गंभीर आरोप लगाए गए थे। इसी पत्र को आधार बनाते हुए ज्योति विद्या मंदिर की तरफ से लखनऊ हाईकोर्ट में याचिका दाखिल की गई थी। हाईकोर्ट ने इस बातचीत के लहजे और भाषा को गंभीर मानते हुए दबाव डालने के आरोपों को नजरअंदाज करने से इनकार कर दिया। वहीं दूसरी ओर मंडलायुक्त दुर्गा शक्ति नागपाल ने भी न्यायमूर्ति प्रकाश पाडिया उच्च न्यायालय इलाहाबाद प्रशासनिक जज गोंडा को पत्र लिखते हुए बताया था।
ब्रांड के नाम पर नकली कपड़े बेचे:छिंदवाड़ा में दो दुकानों से 195 कपड़े और 858 लोगो जब्त
छिंदवाड़ा के पाठाढाना क्षेत्र में प्यूमा कंपनी के नाम और लोगो का इस्तेमाल कर नकली कपड़े बेचने का मामला सामने आया है। कोतवाली पुलिस ने कंपनी की ओर से अधिकृत जांच अधिकारी की शिकायत पर नंदनविहार कॉलोनी की दो दुकानों पर कार्रवाई की। पुलिस ने दोनों जगह से कुल 195 कपड़े, 858 प्यूमा लोगो और लोगो चिपकाने वाली लोहे की प्रेस जब्त की है। पुलिस के अनुसार, एल्यूडिकेशन लीगल एलएलपी के जांच अधिकारी मयंक शर्मा ने कोतवाली थाने में शिकायत की थी। उन्होंने बताया कि क्षेत्र में प्यूमा के लोगो का इस्तेमाल कर नकली कपड़े तैयार कर बेचे जा रहे हैं। कंपनी ने उन्हें ऐसे मामलों की जांच और पुलिस के साथ कार्रवाई के लिए अधिकृत किया है। अभिषेक स्पोर्ट्स से 30 नेकर और 253 लोगो मिले शिकायत की जांच के लिए पुलिस टीम कंपनी के प्रतिनिधियों के साथ नंदनविहार कॉलोनी स्थित अभिषेक स्पोर्ट्स पहुंची। दुकान संचालक राधेश्याम परसनकर की दुकान से प्यूमा लोगो लगे 30 नेकर और 253 प्यूमा लोगो व स्टीकर मिले। पुलिस के अनुसार, इनकी कीमत करीब 3,100 रुपए है। पूछताछ में संचालक ने बताया कि कपड़े ओरिजनल प्यूमा कंपनी के नहीं हैं। वह बाजार से प्यूमा के लोगो लाकर कपड़ों पर चिपकाता था। पुलिस ने लाइसेंस और एजेंसी से जुड़े दस्तावेज मांगे, लेकिन संचालक कोई वैध दस्तावेज नहीं दिखा सका। वर्मा गारमेंट से 165 कपड़े और 605 लोगो जब्त इसके बाद पुलिस ने इसी क्षेत्र में वर्मा गारमेंट पर कार्रवाई की। दुकान संचालक सीताराम वर्मा की दुकान से प्यूमा लोगो लगे 165 लोअर और हाफ टी-शर्ट मिले। इनमें अलग-अलग रंगों के ट्रैक पैंट और टी-शर्ट शामिल हैं। पुलिस ने दुकान से 605 प्यूमा लोगो और लोगो चिपकाने के लिए इस्तेमाल होने वाली लोहे की प्रेस भी जब्त की। पुलिस के अनुसार, जब्त सामग्री की कीमत करीब 37,500 रुपए है। पूछताछ में सीताराम वर्मा ने भी कपड़ों को ओरिजनल प्यूमा कंपनी का नहीं बताया। पुलिस के अनुसार, वह बाजार से लोगो लाकर कपड़ों पर चिपकाता था। लाइसेंस या एजेंसी से जुड़े दस्तावेज मांगने पर वह उपलब्ध नहीं करा सका। कॉपीराइट एक्ट के तहत केस दर्ज कार्रवाई के दौरान सब इंस्पेक्टर नारायण बघेल, प्रधान आरक्षक युवराज रघुवंशी और आरक्षक सागर डेहरिया मौजूद रहे। दोनों मामलों में पुलिस ने कॉपीराइट एक्ट 1957 की धारा 51 और 63 के तहत कार्रवाई की है। जब्त सामग्री को पंचों की मौजूदगी में पुलिस ने अपने कब्जे में लिया। दोनों आरोपियों को बीएनएसएस की धारा 35(1)(बी) के तहत सूचना पत्र तामील कराया गया है। पुलिस ने दोनों मामलों में अपराध दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
फतेहाबाद में पुलिस हिरासत में लेने लगी तो सफाई कर्मचारियों ने शुरू किया राष्ट्रगान
फतेहाबाद में पुलिस हिरासत में लेने लगी तो सफाई कर्मचारियों ने शुरू किया राष्ट्रगान
36 वार्ड, साढ़े तीन लाख आबादी और सिर्फ 3 फॉगिंग मशीन! हजारीबाग में मच्छरों का बढ़ा आतंक
हजारीबाग में नगर निगम के पास सिर्फ तीन फागिंग मशीनें होने के कारण 36 वार्डों में मच्छरों का प्रकोप बढ़ गया है, जिससे मलेरिया और डेंगू के मरीज बढ़ रहे हैं। जल जमाव और कचरे के ढेर मच्छरों के पनपने का कारण बन रहे है।
कोटा में बारिश का दौर कमजोर पड़ गया है। अलर्ट के बाद भी जिले में बारिश नहीं हो रही। आज भी शहर में बादल छाए हैं। हल्की धूप निकल रही है। मौसम विभाग ने कोटा संभाग मे 26 अगस्त तक बारिश का यलो अलर्ट जारी किया हैं। रविवार को दिन भर धूप खिली रही। अधिकतम तापमान 34.4 डिग्री रहा। वहीं न्यूनतम तापमान 26 डिग्री रहा। बीते एक सप्ताह से पारे में उतार चढ़ाव से गर्मी व उमस बढ़ गई हैं। लोग बरसात का इंतजार करते रहे। मौसम विभाग के आंकड़ों के अनुसार- इस मानसून सीजन में अब तक औसत से 34% कम बारिश हुई है। सामान्यतया जिले में 23 अगस्त तक औसत 579.1मिमी बारिश होती है। इस सीजन में अभी तक 380 मिमी बारिश हुई है।
पटना में खतरे के निशान से 94 सेंटीमीटर ऊपर बह रही गंगा, अभी और बढ़ने की संभावना
पटना जिले में गंगा नदी का जलस्तर खतरे के निशान से ऊपर बना हुआ है और इसमें और वृद्धि की संभावना है। केंद्रीय जल आयोग के अनुसार, गांधीघाट, दीघाघाट और हाथीदह में जलस्तर लगातार बढ़ रहा है।
महराजगंज के निचलौल स्थित प्रसिद्ध पंचमुखी शिव मंदिर इटहिया में सावन के चौथे और अंतिम सोमवार को श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ी। हजारों भक्तों ने सुबह से ही मंदिर परिसर में लंबी कतारें लगाकर भगवान भोलेनाथ का जलाभिषेक किया। उन्होंने गंगाजल, बेलपत्र, धतूरा और अन्य पूजन सामग्री अर्पित कर परिवार की सुख-समृद्धि और मंगलमय जीवन की कामना की। सावन के अंतिम सोमवार के प्रति श्रद्धालुओं में विशेष उत्साह देखा गया। मंदिर परिसर 'हर-हर महादेव' और 'बोल बम' के जयघोष से गूंजता रहा। सुबह से देर शाम तक भक्तों का मंदिर पहुंचने का सिलसिला जारी रहा। श्रद्धालुओं की भारी भीड़ को देखते हुए मंदिर प्रबंधन समिति और प्रशासन ने व्यापक तैयारियां की थीं। मंदिर परिसर में साफ-सफाई, रंग-रोगन के साथ जलाभिषेक और दर्शन की व्यवस्था को सुव्यवस्थित किया गया। भक्तों की सुविधा के लिए पेयजल, शौचालय, बिजली, पार्किंग और भीड़ नियंत्रण के विशेष इंतजाम किए गए थे। 47 सीसीटीवी कैमरों निगरानी सुरक्षा व्यवस्था को लेकर प्रशासन विशेष रूप से सतर्क रहा। मंदिर परिसर और आसपास के क्षेत्रों में 47 सीसीटीवी कैमरों से लगातार निगरानी की गई। पुलिस और प्रशासनिक टीमें मंदिर परिसर में लगातार गश्त कर व्यवस्थाओं का जायजा लेती रहीं, ताकि श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा न हो। सावन के चारों सोमवार को इटहिया धाम में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ देखी गई। पहले सोमवार से शुरू हुआ आस्था का यह क्रम चौथे सोमवार को अपने चरम पर पहुंच गया। उमड़ी भीड़ ने इटहिया धाम की धार्मिक लोकप्रियता और आस्था को दर्शाया। पूरे सावन मास के दौरान पंचमुखी शिव मंदिर इटहिया सहित जिले के प्रमुख शिवालयों में भक्ति और उत्साह का माहौल बना रहा। अंतिम सोमवार पर उमड़ी श्रद्धालुओं की भीड़ से मंदिर परिसर दिनभर भक्तिमय वातावरण में डूबा रहा।
रांची में प्याज के भाव आसमान पर, नया प्याज आते ही गिरेंगे दाम; दो सप्ताह करें इंतजार
रांची में प्याज की कीमतों में लगातार बढ़ोतरी हो रही है, थोक में 35-42 रुपये और खुदरा में 45-50 रुपये प्रति किलो बिक रहा है। नई फसल की आवक में देरी के कारण यह तेजी है, लेकिन दो सप्ताह में दक्षिण भारत से नई फसल आने पर दाम गिरने की उम्मीद है।
बाड़मेर की 5 दूध डेयरियों के सैंपल मिलावटी पाए गए:जांच रिपोर्ट के आधार पर कोर्ट में पेश होगा मामला
बाड़मेर में दूध की गुणवत्ता को लेकर हुई जांच में 5 डेयरियां खाद्य मानकों पर खरी नहीं उतरीं। खाद्य सुरक्षा विभाग ने अलग-अलग डेयरियों से दूध के सैंपल लेकर जोधपुर लैब भेजे थे। जांच रिपोर्ट में सभी 5 सैंपल नॉन-स्टैंडर्ड पाए गए हैं। अब विभाग इन रिपोर्ट के आधार पर संबंधित डेयरियों के खिलाफ मामले तैयार कर कोर्ट में पेश करेगा। दरअसल, प्रदेशभर में खाद्य पदार्थों में मिलावट के खिलाफ 'शुद्ध आहार-मिलावट पर वार' अभियान चलाया जा रहा है। इसी अभियान के तहत बाड़मेर में दूध और दूध से बने प्रोडक्ट्स की गुणवत्ता की जांच के लिए अलग-अलग डेयरियों का निरीक्षण किया गया था। संदिग्ध पाए जाने पर मैसर्स भावना दूध डेयरी, मैसर्स खीवराज दूध डेयरी, मैसर्स मां वांकल दूध डेयरी, मैसर्स महादेव दूध डेयरी और मैसर्स जंभेश्वर दूध डेयरी, शिव नगर से दूध के सैंपल लिए गए थे। सभी सैंपल नियमानुसार जांच के लिए फूड लेबोरेट्री जोधपुर भेजे गए। वहां जांच के बाद दूध और दूध प्रोडक्ट्स के सभी 5 नमूने निर्धारित खाद्य गुणवत्ता मानकों के अनुरूप नहीं पाए गए और उन्हें नॉन-स्टैंडर्ड घोषित किया गया। रिपोर्ट के आधार पर कोर्ट में पेश होगा मामला फूड इंस्पेक्टर अब लैब रिपोर्ट के आधार पर संबंधित डेयरियों के खिलाफ मामले तैयार करेगा। इसके बाद इन्हें संबंधित कोर्ट में पेश किया जाएगा। विभाग की ओर से आगे की कार्रवाई नियमानुसार की जाएगी। खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता पर लगातार निगरानी CMHO डॉ. बिश्नोई ने बताया कि लोगों के स्वास्थ्य की सुरक्षा को लेकर जिले में खाद्य सुरक्षा विभाग लगातार निगरानी और कार्रवाई कर रहा है। खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है और नियमित रूप से अलग-अलग जगहों से सैंपल लिए जा रहे हैं।
मेरठ में किसान नेता से मारपीट मामले में इंस्पेक्टर सिविल लाइंस व एसओजी प्रभारी अखिलेश गौड़ को निलंबित कर दिया गया है। मेरठ के नए कप्तान बीबीटीजीएस मूर्ति ने चार्ज संभालते ही यह बड़ा एक्शन लिया है।पहले दिन उन्होंने सिविल लाइन थाने के 8 पुलिसकर्मियों को लाइन हाजिर किया था। इसमें इंस्पेक्टर अखिलेश गौड़ भी शामिल रहे। लेकिन रविवार को अखिलेश गौड़ को निलंबित कर दिया गया है। डीआईजी सहारनपुर की जांच पर एक्शन माना जा रहा है कि डीआइजी सहारनपुर की जांच रिपोर्ट व शनिवार को देररात तक इस मामले में हुए बयान के बाद यह फैसला लिया गया है। फिलहाल दिग्विजय भाटी अस्पताल में भर्ती है। उसका इलाज चल रहा है। सपा नेताओं ने की एक्शन की मांग विधायक अतुल प्रधान समेत अन्य भाकियू नेता एसएसपी, मारपीट में शामिल अन्य आरोपितों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर उन्हें निलंबित करने की मांग कर रहे थे। एसएसपी आफिस की ओर से जारी प्रेसनोट में इंस्पेक्टर अखिलेश गौड़ को कर्तव्यों के निर्वहन में लापरवाही एवं उदासीनता तथा स्वेच्छाचारिता बरतने के आरोप में निलंबित करने की बात कही गई है। किसान संगठनों ने की पैदल मार्च की घोषणाकिसान नेता दिग्विजय भाटी और मोहित जाटव को थर्ड डिग्री देने और एसएसपी दफ्तर में बुरी तरह मारपीट करने के मामले में अब किसान संगठन भी सामने आ गए हैं। उधर गुर्जर महासंघ भी विरोध पर उतर आया है। इस पूरे मामले में सोमवार को किसान संगठनों द्वारा पैदल मार्च की घोषणा की गई है।
टीकमगढ़ के प्रसिद्ध शिवधाम कुंडेश्वर में श्रावण मास के चौथे और अंतिम सोमवार को भक्तों का सैलाब उमड़ा। सुबह से ही मंदिर में श्रद्धालुओं की लंबी कतारें देखी गईं, जो भगवान भोलेनाथ के दर्शन और जलाभिषेक के लिए पहुंचे थे। ब्रह्म मुहूर्त में सुबह 4 बजे मंदिर के प्रधान पुजारियों ने भगवान भोलेनाथ का रुद्राभिषेक किया। लगभग एक घंटे तक चले इस अभिषेक के बाद, सुबह 5 बजे मंदिर का गर्भ गृह भक्तों के लिए खोल दिया गया। श्रद्धालुओं ने 'बम बम भोले' और 'ॐ नमः शिवाय' के जयकारे लगाते हुए शिवलिंग पर जल चढ़ाया और पूजा-अर्चना की। रिमझिम बारिश में भक्तों की कतारें सावन के अंतिम सोमवार के कारण शहर के प्रतापेश्वर मंदिर, सिद्ध बाबा मंदिर और चंद्रेश्वर महादेव सहित सभी प्रमुख शिवालयों में भी सुबह से ही भक्तों की भीड़ लगी रही। हालांकि, सुबह से रिमझिम बारिश भी हो रही थी, लेकिन इसके बावजूद श्रद्धालुओं का उत्साह कम नहीं हुआ और वे भोलेनाथ को जल चढ़ाने के लिए कतारों में खड़े रहे। सुबह 6 बजे के बाद मंदिर में श्रद्धालुओं की संख्या लगातार बढ़ती गई। मंदिर ट्रस्ट ने महिला और पुरुष श्रद्धालुओं के लिए अलग-अलग कतारों की व्यवस्था की थी। रविवार देर रात से ही कांवड़ियों का पहुंचना शुरू हो गया था, जो दूर-दूर से कांवड़ यात्रा लेकर भगवान को जल चढ़ाने आए थे। टीकमगढ़ से कुंडेश्वर के रास्ते में कई जगहों पर लोगों ने भक्तों के स्वागत में प्रसाद वितरण भी किया। आज सवा किलो भांग से श्रृंगार किया जाएगा शाम 5 बजे मंदिर का गर्भ गृह भक्तों के लिए बंद कर दिया जाएगा, जिसके बाद विशेष आकर्षक श्रृंगार किया जाएगा। कलाकार रामू जड़िया ने बताया कि इस वर्ष भोलेनाथ का रुद्र रूप में सवा किलो भांग से श्रृंगार किया जाएगा, जिसके लिए 15 हजार रुद्राक्ष मंगाए गए हैं। इसके अतिरिक्त, चांदी से बनी मुंड माला और कुंडल सहित अन्य आभूषण भी पहनाए जाएंगे। शाम 7:30 बजे महा आरती उतारी जाएगी। देखिए तस्वीरें…
गोरखपुर में सावन के चौथे यानि की आखिरी सोमवार को भगवान शिव के मंदिरों में बड़ी संख्या में श्रद्धालु उमड़ रहे हैं। भोर से ही शहर के प्रमुख शिवालयों पर भक्तों का आना शुरू हो गया है। आखिरी सोमवार पर मुक्तेश्वरनाथ मंदिर, महादेव झारखंडी मंदिर, मानसरोवर मंदिर, मुंजेश्वरनाथ मंदिर व अन्य स्थानों पर लंबी लंबी लाइन देखने को मिली। मंदिर परिसर पूरे दिन ‘हर-हर महादेव’ और ‘बोल बम’ के जयकारों से गूंजता रहा। इस दौरान परिवार के लोग पहुंचकर अपने बच्चों के लिए मन्नत मांग रहे हैं। सावन की शुरुआत 30 जुलाई से हो चुकी थी। 24 को आखिरी सोमवार है, लेकिन सावन की समाप्ति 28 अगस्त हो होगा। महिलाओं ने अपने परिवार की सुख-समृद्धि और पति की लंबी उम्र की कामना करते हुए भगवान शिव का जलाभिषेक किया। वहीं युवाओं ने बेहतर भविष्य, सफलता और मनोकामनाओं की पूर्ति के लिए पूजा-अर्चना की। श्रद्धालुओं ने भगवान शिव का गंगाजल, दूध, बेलपत्र, धतूरा, भांग, फूल और फल अर्पित कर विधि-विधान से अभिषेक किया। मंदिर में पूरे दिन भक्ति का माहौल बना रहा और शिव भक्त भगवान भोलेनाथ के दर्शन के लिए उत्साह के साथ पहुंचते रहे। मंदिर प्रशासन ने किए विशेष इंतजाम मुक्तेश्वरनाथ मंदिर के महंत रामानंद उपाध्याय ने बताया कि सावन का सोमावर शिवभक्तों के लिए बेहद पवित्र माना जाता है। इस दिन हजारों श्रद्धालुओं ने जलाभिषेक किया। मंदिर प्रशासन ने दर्शन की व्यवस्था को सुचारु रखने के लिए विशेष प्रबंध किए थे। उनका कहना है कि सच्चे मन से भगवान शिव की पूजा करने वालों की मनोकामनाएं अवश्य पूरी होती हैं। भीड़ को देखते हुए पुलिस और प्रशासन भी पूरी तरह सतर्क रहा। मंदिर परिसर में राजघाट थाने की पुलिस के द्वारा अस्थायी चौकी का निर्माण किया गया। इसके अलावा मंदिर प्रांगड़ में बैरिकेडिंग की गई थी, ताकि श्रद्धालुओं को आसानी से दर्शन मिल सकें। सुरक्षा के लिए पर्याप्त संख्या में पुलिसकर्मी तैनात रहे। गोरखपुर के प्रमुख शिवालय और उनसे जुड़ी मान्यताएं मुक्तेश्वरनाथ मंदिर: जहां शेरों से बचाए भगवान शिव गोरखपुर शहर में राप्ती नदी के किनारे बसा मुक्तेश्वरनाथ मंदिर करीब 400 साल पुराना है। ऐसा कहा जाता है कि बांसी के राजा एक बार शिकार के लिए यहां आए थे। तभी अचानक शेरों ने उन्हें घेर लिया। जान बचाने के लिए राजा ने भगवान शिव से प्रार्थना की, और चमत्कार हुआ-शेर वहां से चले गए। इस अनुभव से भावुक होकर राजा ने वहां शिव मंदिर बनवाने का संकल्प लिया। राजा के आदेश पर महाराष्ट्र से आए बाबा काशीनाथ ने मंदिर की स्थापना कराई। मंदिर के पास ही मुक्तिधाम नाम की जगह है, इसी कारण इस मंदिर का नाम मुक्तेश्वरनाथ पड़ा। सावन और शिवरात्रि के मौके पर यहां बड़ी संख्या में शिव भक्त दर्शन करने पहुंचते हैं। महादेव झारखंडी मंदिरः एक सपना, और फिर प्रकट हुआ शिवलिंग गोरखपुर का महादेव झारखंडी मंदिर भी काफी पुराना और प्रसिद्ध है। सावन के पहले दिन यहाँ हजारों की संख्या में श्रद्धालु पहुंचे, इस मंदिर की मान्यताएँ है यहाँ की गई सभी मुरादें भगवान शिव पुरी कर देते हैं। यहां पहले घना जंगल हुआ करता था। एक दिन जमींदार गब्बू दास को सपने में भगवान शिव ने दर्शन दिए और बताया कि उनकी जमीन में एक खास जगह पर शिवलिंग छिपा है। जब खोदाई की गई, तो सच में वहां से शिवलिंग निकला। इसके बाद वहां मंदिर बनवाया गया। आज भी यहां नियमित पूजा-अर्चना होती है। लोगों की मान्यता है कि यहां जलाभिषेक करने से दुख और परेशानियों से छुटकारा मिलता है। शिवरात्रि के दिन यहां भव्य मेला भी लगता है। मानसरोवर मंदिरः राजा मानसिंह के सपने से शुरू हुई भक्ति की गाथा मानसरोवर मंदिर का इतिहास भी बहुत दिलचस्प है। कहा जाता है कि राजा मानसिंह को एक रात सपने में भगवान शिव ने दर्शन दिए और जंगल के बीच एक मंदिर बनाने का आदेश दिया। राजा ने उसी स्थान पर मंदिर और एक बड़ा तालाब (पोखरा) भी बनवाया। इस मंदिर का गहरा संबंध गोरक्षपीठ से है। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इस मंदिर का जीर्णोद्धार कर इसे नया और सुंदर रूप दिया है। विजयादशमी के दिन गोरक्षपीठ के पीठाधीश्वर यहीं से विजय जुलूस की शुरुआत करते हैं और भगवान राम का तिलक भी यहीं से किया जाता है। मुंजेश्वरनाथ मंदिर: जहां दूध की धारा बह निकली थी गोरखपुर जिले के भौवापार गांव में स्थित मुंजेश्वरनाथ मंदिर भी भक्तों की आस्था का बड़ा केंद्र है। माना जाता है कि यहां कभी सतासी नरेश की राजधानी थी। एक बार मजदूर झाड़ियों की सफाई कर रहे थे, तभी उनकी कुदाल एक पत्थर से टकराई और वहां से दूध की धारा बह निकली। यह देख मजदूर घबरा गए और राजा को सूचना दी। राजा ने खुद वहां आकर खुदाई करवाई, तो वहां शिवलिंग निकला। रात को भगवान शिव ने राजा को सपने में दर्शन देकर वहां मंदिर बनवाने को कहा। झाड़ियों (जिसे मूंज कहते हैं) से शिवलिंग निकलने की वजह से इसका नाम पड़ा मुंजेश्वरनाथ मंदिर। सावन में ऐसे करें भगवान शिव की पूजा सावन के महीने में सुबह जल्दी उठकर स्नान करने के बाद साफ वस्त्र पहनें। इसके बाद शिवलिंग पर जल, गंगाजल, दूध, शहद और पंचामृत से अभिषेक करें। भगवान शिव को बेलपत्र, धतूरा, सफेद फूल और फल अर्पित करें। दीपक और धूप जलाकर ॐ नमः शिवाय मंत्र का जाप करें। श्रद्धा और शांत मन से की गई पूजा को भगवान शिव विशेष रूप से स्वीकार करते हैं। इन बातों का रखें ध्यान सावन के सोमवार को व्रत रखना शुभ माना जाता है। इस दौरान सात्विक भोजन करें और मांस, शराब व अन्य तामसिक चीजों से दूर रहें। किसी से विवाद न करें, सभी के प्रति सम्मान और प्रेम का भाव रखें। पूजा स्थल की साफ-सफाई और पवित्रता का विशेष ध्यान रखें। सावन के पहले सोमवार पर गोरखपुर के सभी प्रमुख शिवालयों में दिनभर श्रद्धालुओं का तांता लगा रहा। भक्तों की आस्था, भगवान शिव के प्रति श्रद्धा और भक्ति का यह अद्भुत नजारा पूरे शहर में देखने को मिला।
वाराणसी के रविन्द्रपुरी स्थित गोपीराधा बालिका इंटर कालेज के बस के कंडक्टर ने लंका थाने में अपहरण, रंगदारी और मारपीट सहित कई अन्य धाराओं में मुकदमा दर्ज कराया है। आरोप है कि 14 अगस्त को लंका थानाक्षेत्र के छित्तूपुर इलाके में एक स्कार्पियो से स्कूल बस रगड़ गयी थी। जिसपर स्कार्पियो सवारों ने मारपीट की और छात्राओं से बाद में घुसकर बदसलूकी किया। इसके बाद उसे उठा ले गए और स्कूल पहुंचकर ट्रांसपोर्ट मैनजेर को भी अगवा कर लिया। बाद में स्कार्पियो का डेंट सही करवाने के नाम पर पैसा भी वसूला। आरोप है की सभी के पास पिस्टल थी और वो बार-बार बिहार ले चलने और जान से मारने की धमकी दे रहे थे। फिलहाल पुलिस ने संबंधित धाराओं में मुकदमा पंजीकृत कर अग्रिम कार्रवाई शुरू कर दी है। बस कंडक्टर ने दी तहरीर गोपीराधा बालिका इंटर कालेज के बस संख्या UP65 LT 8727 के कंडक्टर सतीश यादव ने पुलिस को तहरीर देते हुए बताया - 14 अगस्त को मै रविशंकर राय के साथ 40 छात्राओं को स्कूल की छुट्टी के बाद उन्हें घर छोड़ने जा रहा था। बस जब लंका छित्तूपुर गेट के आगे शंकर जी मंदिर के पास पहुंची। उसी समय सामने से एक तेज रफ्तार स्कार्पियो UP65GD 0627 बस से रगड़ खा गयी। जिसपर स्कार्पियो के ड्राइवर और अंदर बैठे व्यक्ति ने उतरकर भद्दी-भद्दी देना शुरू किया और बस का शीशा तोड़ दिया। बालिकाओं से की अभद्रता, मारपीट का मुझे अगवा कर लिया सतीश ने बताया - मैंने रोकने की कोशिश की तो वो बस में चढ़ आये और मुझे मारने लगे और मुझे उठाकर स्कार्पियो में बंद कर दिया। अपने साथ ले जाते समय दोनों यही कह रहे थे की पैसा दो डेंट का वरना तुम्हे जान से मार देंगे। इसके बाद मुझे पिस्टल दिखाकर धमकाया और कुछ देर स्कार्पियों में डालकर घुमाते रहे। उसके बाद स्कूल पहुंचे और वहां गार्ड, ट्रांसपोर्ट इंचार्ज और प्रबंधक से बदसलूकी किया और ट्रांसपोर्ट इंचार्ज को भी स्कार्पियो में डाल दिया और मारने लगे। शराब पिया और पिस्टल दिखाकर डेंट के लिए पैसे लिए सतीश ने बताया - इसके बाद आरोपियों ने दोनों लोगों को मारा और पिस्टल दिखाकर जान से मारने की धमकी दी और नदेसर जाकर कार के डेंट का पैसा मांगा और न देने पर बिहार ले जाकर मारने की धमकी दी और 7200 रुपए लिए। उसके बाद छोड़ा। ऐसे में मुकदमा दर्ज करने की तहरीर दी है। पुलिस ने दर्ज की FIR लंका थाना प्रभारी राजकुमार ने बताया - तहरीर मिलने पर थाने पर बीएनएस की धारा 281, 351(3), 352, 324(2), 115(2), 126(2), 127(2), 308(2) और 3(5) में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। सीसीटीवी फुटेज से घटना की जनकारी की जा रही है। जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
चित्तौड़गढ़ में बारिश थमी, बढ़ी उमस:34 डिग्री पहुंचा पारा; अगले एक सप्ताह कमजोर रहेगा मानसून
चित्तौड़गढ़ में बारिश का दौर थमने के बाद अब गर्मी और उमस ने लोगों की परेशानी बढ़ा दी है। जिले में अधिकतम तापमान 34 डिग्री और न्यूनतम 26.2 डिग्री दर्ज किया गया, जिससे दिन-रात के तापमान में सिर्फ 7.8 डिग्री का अंतर रह गया। मौसम विभाग के अनुसार अगले एक सप्ताह तक मानसून कमजोर रहने की संभावना है। 25 अगस्त को मेघ गर्जन, आकाशीय बिजली और तेज हवाओं का येलो अलर्ट है, लेकिन अच्छी बारिश के आसार कम हैं। तापमान बढ़ा, दिन-रात के पारे में सिर्फ 7.8 डिग्री का अंतर बारिश नहीं होने का असर तापमान पर भी साफ दिखाई दे रहा है। चित्तौड़गढ़ में अधिकतम तापमान 34 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 26.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। दिन और रात के तापमान में सिर्फ 7.8 डिग्री का अंतर रह गया है। इसी वजह से रात में भी लोगों को गर्मी से राहत नहीं मिल रही। दिनभर तेज धूप और रात में उमस के कारण कूलर और पंखों का सहारा लेना पड़ रहा है। सुबह के समय भी पहले जैसी ठंडक महसूस नहीं हो रही। मौसम विशेषज्ञों के अनुसार हवा में नमी बनी रहने और बारिश नहीं होने पर उमस बढ़ जाती है। इन दिनों जिले में भी यही स्थिति बनी हुई है। 25 अगस्त को येलो अलर्ट, बारिश की उम्मीद कम मौसम विभाग ने 25 अगस्त को चित्तौड़गढ़ जिले के लिए येलो अलर्ट जारी किया है। हालांकि यह अलर्ट बारिश के लिए नहीं, बल्कि मेघ गर्जन, आकाशीय बिजली और तेज हवाओं को देखते हुए जारी किया गया है। कुछ जगहों पर बादल छाने और गरज के साथ तेज हवाएं चलने की संभावना है, लेकिन फिलहाल अच्छी बारिश के आसार नहीं हैं। विभाग के अनुसार उदयपुर संभाग के कई हिस्सों में अगले एक सप्ताह तक मानसून कमजोर रह सकता है। ऐसे में लोगों को बारिश के लिए अभी इंतजार करना पड़ सकता है। मौसम में कोई बड़ा बदलाव नहीं होने पर आने वाले दिनों में उमस का असर इसी तरह बना रहने की संभावना है।
बागपत श्मशान घाट में जलभराव:अंतिम संस्कार के दौरान परिजनों को हुई परेशानी
बागपत शहर के ऑफिसर हॉस्टल के पास रहने वाली अनीता शर्मा का रविवार को बीमारी के कारण निधन हो गया। उनके अंतिम संस्कार के लिए परिजन बागपत के श्मशान घाट पहुंचे, जहां नाले का पानी और कीचड़ भरा होने के कारण उन्हें भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। श्मशान घाट में जलभराव के कारण अंतिम संस्कार की प्रक्रिया बाधित हुई। पानी और कीचड़ के बीच रिश्तेदारों तथा अंतिम संस्कार में शामिल होने आए अन्य लोगों को आवाजाही में कठिनाई हुई, जिससे उनमें रोष देखा गया। मृतका के बेटे कपिल शर्मा ने बताया कि श्मशान घाट में लंबे समय से नाले का पानी भरा हुआ है। उन्होंने दुख व्यक्त किया कि अंतिम संस्कार जैसे संवेदनशील समय पर भी परिवार को जलभराव के कारण परेशानी झेलनी पड़ी। परिजनों ने नगर पालिका प्रशासन से श्मशान घाट में भरे पानी की तत्काल निकासी कराने और पूरे परिसर की साफ-सफाई कराने की मांग की है। उन्होंने भविष्य में ऐसी समस्याओं से बचने के लिए स्थायी समाधान की भी अपील की। परिजनों का कहना है कि श्मशान घाट जैसी सार्वजनिक और संवेदनशील जगह पर नियमित सफाई और उचित जल निकासी व्यवस्था अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने संबंधित अधिकारियों से मौके का निरीक्षण कर जलभराव की समस्या का स्थायी समाधान सुनिश्चित करने की मांग की है।
उन्नाव की गंगा में डूबे दो किशोर:पुरोहित ने नदी में छलांग लगाकर बचाई जान, 5 हजार रुपए बहे
उन्नाव के आनंद घाट पर सोमवार सुबह गंगा स्नान के दौरान दो किशोर गहरे पानी में डूबने लगे। घाट पर मौजूद पुरोहित अजय तिवारी ने तुरंत गंगा में छलांग लगाकर दोनों की जान बचाई। यह घटना सोमवार सुबह करीब 7:45 बजे की है। उन्नाव निवासी नवीन और पुनीत अपने परिवार के साथ आनंद घाट पर गंगा स्नान करने आए थे। स्नान के दौरान दोनों किशोर गहरे पानी में चले गए और अचानक संतुलन बिगड़ने से डूबने लगे। किशोरों को डूबता देख घाट पर मौजूद लोगों ने शोर मचाना शुरू कर दिया। पुरोहित अजय तिवारी ने तुरंत प्रतिक्रिया दी और अपनी जान की परवाह किए बिना गंगा में कूद गए। काफी मशक्कत के बाद उन्होंने दोनों किशोरों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया। बाहर आने के बाद दोनों की हालत सामान्य बताई गई। किशोरों को बचाने के प्रयास में पुरोहित अजय तिवारी के पास रखे लगभग पांच हजार रुपये गंगा की तेज धारा में बह गए। हालांकि, उन्होंने पहले किशोरों की जान बचाने को प्राथमिकता दी। गंगा में लगातार बढ़ते जलस्तर के कारण घाटों पर स्नान करने वाले श्रद्धालुओं के लिए खतरा बढ़ गया है। गहरे पानी और तेज बहाव के कारण ऐसे हादसों की आशंका बनी रहती है। सोमवार की घटना ने घाटों पर सुरक्षा व्यवस्था को लेकर चिंता बढ़ा दी है। घटना के बाद घाट पर मौजूद लोगों ने पुरोहित अजय तिवारी के साहस और तत्परता की सराहना की। लोगों ने कहा कि यदि वे समय पर मदद के लिए नहीं आते तो बड़ा हादसा हो सकता था। उन्होंने प्रशासन से श्रद्धालुओं की सुरक्षा के लिए घाटों पर निगरानी बढ़ाने की मांग की।
सावन के आखिरी सोमवार पर शहर के प्रमुख शिवालयों में सुबह से ही श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ पड़ी। मंगला आरती के बाद से ही मंदिरों में भक्तों के पहुंचने का सिलसिला शुरू हो गया, जो लगातार जारी रहा। श्रद्धालु बेलपत्र, दूध, पुष्प और अन्य पूजन सामग्री लेकर भगवान शिव के दर्शन और जलाभिषेक के लिए मंदिरों में पहुंचे। शिवरात्रि के बाद भी भगवान शिव के प्रति श्रद्धालुओं की आस्था में कोई कमी नहीं दिखाई दी। सुबह से ही प्रमुख शिवालयों में भक्तों की लंबी कतारें लगी रहीं। श्रद्धालुओं ने विधि-विधान से भगवान शिव की पूजा-अर्चना कर सुख-समृद्धि, खुशहाली और परिवार की मंगलकामना की। मंदिर परिसर हर-हर महादेव और बम-बम भोले के जयकारों से गूंजते रहे। मंदिरों और आसपास के क्षेत्रों में सुबह से ही चहल-पहल बनी रही। सुरक्षा के रहे पुख्ता इंतजाम श्रद्धालुओं की भीड़ को देखते हुए प्रमुख मंदिरों और आसपास के इलाकों में सुरक्षा व्यवस्था भी सक्रिय रही। पुलिस बल तैनात किया गया और पुलिसकर्मियों ने भीड़ व आवागमन पर नजर रखी। श्रद्धालुओं को दर्शन और जलाभिषेक में किसी तरह की परेशानी न हो, इसके लिए निगरानी व्यवस्था लगातार जारी रही। सावन के आखिरी सोमवार पर शिवालयों में उमड़ी भीड़ से साफ रहा कि पूरे सावन भगवान शिव के प्रति श्रद्धालुओं की आस्था बनी रही। शिवभक्तों ने अंतिम सोमवार पर भी बड़ी संख्या में मंदिर पहुंचकर भोलेनाथ का जलाभिषेक किया। मंदिर समिति ने कराया भंडारा सावन के आखिरी सोमवार के अवसर पर मंदिर समिति की ओर से भंडारे का आयोजन किया गया। मंदिर में पूजा-अर्चना और जलाभिषेक के बाद बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने भंडारे में प्रसाद ग्रहण किया। समिति के सदस्यों और स्वयंसेवकों ने श्रद्धालुओं को प्रसाद वितरित किया।
कांग्रेस ने सागवाड़ा चेयरमैन प्रत्याशी किया घोषित:ओबीसी महिला सीट पर भूमिका पंचाल को बनाया उम्मीदवार
नगर निकाय चुनाव को लेकर कांग्रेस ने डूंगरपुर के बाद अब सागवाड़ा में भी अपना चेयरमैन का चेहरा घोषित कर दिया है। सागवाड़ा नगर पालिका में इस बार ओबीसी महिला के लिए सीट आरक्षित है। कांग्रेस ने इसी समीकरण को साधते हुए भूमिका पंचाल को चेयरमैन पद का प्रत्याशी घोषित किया है। हालांकि अभी वार्ड प्रत्याशियों के नाम तय होना बाकी हैं। इससे पहले कांग्रेस डूंगरपुर नगर परिषद के सभापति पद के लिए भरत नागदा को अपना प्रत्याशी घोषित कर चुकी है। दोनों प्रमुख निकायों में चेहरा तय करने के बाद कांग्रेस अब वार्ड स्तर पर संगठन को सक्रिय कर चुनावी मैदान मजबूत करने में जुट गई है। सागवाड़ा में बैठक, घर-घर संपर्क का प्लानसागवाड़ा नगरपालिका चुनाव को लेकर कांग्रेस की बैठक प्रभारी हीरालाल दरांगी के नेतृत्व में हुई। बैठक में जिला कांग्रेस अध्यक्ष एवं विधायक गणेश घोगरा, एआईसीसी सदस्य दिनेश खोड़निया सहित पार्टी पदाधिकारी और कार्यकर्ता शामिल हुए। बैठक में चुनावी रणनीति पर मंथन के साथ कार्यकर्ताओं को जीत का मंत्र दिया गया। कार्यकर्ताओं से घर-घर जाकर मतदाताओं से संपर्क करने और पार्टी के पक्ष में माहौल बनाने का आह्वान किया गया। स्थानीय समीकरणों को साधने में जुटे भूमिका पंचाल के नाम की घोषणा के बाद कांग्रेस ने सागवाड़ा में चेयरमैन पद को लेकर अपना दांव खेला है। पार्टी अब वार्डवार प्रत्याशियों के चयन के साथ स्थानीय समीकरणों को साधने में जुटेगी। बैठक में बूथ स्तर तक संगठन को मजबूत करने और हर कार्यकर्ता को चुनावी जिम्मेदारी देने पर जोर दिया गया। कांग्रेस नेताओं ने भाजपा पर जमकर साधा निशानाएआईसीसी सदस्य दिनेश खोड़निया ने सागवाड़ा नगर के विकास को लेकर भाजपा पर जमकर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि पूर्व सीएम अशोक गहलोत ने सागवाड़ा के विकास के लिए करीब 500 करोड़ का बजट दिया था। लेकिन भाजपा के पास 110 करोड़ की सीवरेज योजना और 39 करोड़ के अन्य कामों का हिसाब नहीं है। बैठक में कांग्रेस नेताओं ने भाजपा और राज्य सरकार पर भी निशाना साधा। नेताओं ने कार्यकर्ताओं से सरकार की नीतियों और स्थानीय मुद्दों को लेकर जनता के बीच जाने को कहा। कांग्रेस नेताओं ने कहा कि निकाय चुनाव शहर के विकास, सड़क, सफाई, पानी और अन्य स्थानीय सुविधाओं से जुड़े मुद्दों पर जनता के सामने अपना पक्ष रखने का मौका है। ऐसे में कार्यकर्ता घर-घर पहुंचकर लोगों से संवाद करें। डूंगरपुर में भरत के बाद सागवाड़ा में भूमिकाकांग्रेस ने जिले की दोनों प्रमुख नगरीय निकायों में सभापति-चेयरमैन पद के चेहरे घोषित कर दिए हैं। डूंगरपुर नगर परिषद में भरत नागदा और अब सागवाड़ा नगर पालिका में भूमिका पंचाल को प्रत्याशी बनाया गया है। हालांकि दोनों जगह वार्ड प्रत्याशियों की घोषणा बाकी है। ऐसे में अगले चरण में टिकट वितरण को लेकर स्थानीय दावेदारों की सक्रियता और पार्टी के भीतर चुनावी समीकरण भी अहम रहेंगे। कांग्रेस के लिए अब घोषित चेहरों के साथ वार्ड स्तर पर मजबूत टीम उतारना अगली बड़ी चुनौती होगी।
सावन माह के आखिरी सोमवार पर रामनगरी अयोध्या पूरी तरह शिवमय नजर आई। तड़के सुबह से ही हजारों श्रद्धालु भगवान शिव के दर्शन और जलाभिषेक के लिए शिवालयों में पहुंचने लगे। सूर्योदय के साथ ही मंदिरों के आसपास भक्तों की भीड़ बढ़ती गई। हर तरफ हर-हर महादेव और बम-बम भोले के जयकारे गूंजते रहे। सावन के अंतिम सोमवार को लेकर श्रद्धालुओं में खासा उत्साह देखने को मिला। सरयू में आस्था की डुबकी, फिर नागेश्वरनाथ के दरबार में पहुंचे भक्त श्रद्धालुओं ने सबसे पहले पवित्र सरयू नदी में आस्था की डुबकी लगाई। स्नान के बाद भक्त भगवान श्रीराम के पुत्र कुश द्वारा स्थापित प्राचीन नागेश्वरनाथ मंदिर पहुंचे। यहां भगवान भोलेनाथ का विधि-विधान से जलाभिषेक किया। कई श्रद्धालु अपने साथ गंगाजल और पूजन सामग्री लेकर पहुंचे थे। मंदिर परिसर में लंबी कतारें लगी रहीं और भक्त अपनी बारी का इंतजार करते हुए लगातार शिव के जयकारे लगाते रहे। चरणबद्ध प्रवेश से कराया गया दर्शन, पुलिस ने संभाली व्यवस्था श्रद्धालुओं की भारी भीड़ को देखते हुए जिला प्रशासन ने सुरक्षा और यातायात व्यवस्था को लेकर विशेष इंतजाम किए। नागेश्वरनाथ मंदिर में श्रद्धालुओं को चरणबद्ध तरीके से प्रवेश दिया गया। इससे मंदिर में भीड़ का दबाव नियंत्रित रहा और दर्शन-पूजन सुचारु रूप से चलता रहा। मंदिर परिसर और आसपास के प्रमुख स्थानों पर पुलिस बल तैनात रहा। बैरिकेडिंग के साथ निगरानी की भी विशेष व्यवस्था की गई। शहर से गांव तक शिवालयों में उमड़ा आस्था का सैलाब सिर्फ नागेश्वरनाथ मंदिर ही नहीं, बल्कि अयोध्या शहर से लेकर ग्रामीण इलाकों तक अलग-अलग शिवालयों में श्रद्धालुओं की भीड़ रही। सुबह से ही मंदिरों में घंटे-घड़ियाल और शंख की ध्वनि के बीच पूजा-अर्चना होती रही। भक्तों ने भगवान शिव को जल, दूध, बेलपत्र और पुष्प अर्पित किए। सुख-समृद्धि और खुशहाली की मांगी मन्नत सावन के अंतिम सोमवार पर श्रद्धालुओं ने भगवान शिव का जलाभिषेक कर परिवार की सुख-समृद्धि और अच्छे स्वास्थ्य की कामना की। वहीं, देश और समाज की खुशहाली के लिए भी प्रार्थना की गई। रामनगरी में दिनभर धार्मिक माहौल बना रहा। मंदिरों के आसपास सुरक्षा व्यवस्था के साथ यातायात को सुचारु बनाए रखने के लिए पुलिस और प्रशासनिक टीमें लगातार सक्रिय रहीं।
सावन में पहली बार नर्मदापुरम में रविवार रात करीब ढाई घंटे तक तेज बारिश हुई। रात 10:15 बजे शुरू हुआ बारिश का दौर करीब 12:45 बजे तक जारी रहा। तेज बारिश के कारण कई इलाकों में दृश्यता काफी कम हो गई और करीब 100 फीट की दूरी तक की चीजें स्पष्ट दिखाई नहीं दे रही थीं। सोमवार सुबह बारिश थम गई, लेकिन आसमान में बादल छाए हुए हैं और मौसम अब भी बारिश के अनुकूल बना हुआ है। मौसम विभाग ने सोमवार को भी बारिश की संभावना जताई है। बारिश और ऊपरी क्षेत्रों से पानी की आवक के चलते नर्मदा नदी का जलस्तर लगातार बढ़ रहा है। सोमवार सुबह 6 बजे सेठानी घाट पर जलस्तर 950.40 फीट दर्ज किया गया, जो सुबह 8 बजे बढ़कर 950.70 फीट पहुंच गया। बढ़ते पानी के कारण घाट की कई सीढ़ियां जलमग्न हो गई। गर्मी के मौसम में सेठानी घाट पर नर्मदा का सामान्य जलस्तर करीब 934 फीट रहता है, जबकि बारिश के दौरान यह सामान्य तौर पर 937 से 938 फीट के आसपास रहता है। इस लिहाज से सोमवार सुबह नदी का जलस्तर सामान्य से करीब 16 फीट अधिक दर्ज किया गया। 24 अगस्त सुबह 8:30 बजे तक नर्मदापुरम में न्यूनतम तापमान 23.7 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि यहां 92.8 मिमी यानी करीब 3.7 इंच बारिश हुई है। वहीं पचमढ़ी में न्यूनतम तापमान 21 डिग्री सेल्सियस रहा और 3 मिमी बारिश दर्ज की गई। बारिश का अंतिम आंकड़ा अब सामने आया है। नर्मदापुरम में करीब पौने चार इंच से अधिक बारिश हुई है। बरगी डैम से पानी छोड़े जाने का असरजबलपुर स्थित बरगी डैम के गेट पिछले पांच दिनों से खुले हैं। डैम से लगातार पानी छोड़े जाने के कारण नर्मदा नदी के जलस्तर में बढ़ोतरी हो रही है। बीते दो दिनों में सेठानी घाट पर जलस्तर करीब 7.2 फीट बढ़ चुका है। हर घंटे बढ़ रहा नर्मदा का जलस्तरआंकड़ों के मुताबिक 22 अगस्त की सुबह से नर्मदा के जलस्तर में लगातार वृद्धि दर्ज की गई। 22 अगस्त सुबह जलस्तर 943.20 फीट था। 23 अगस्त सुबह 8 बजे यह 947.20 फीट और सुबह 11 बजे 948 फीट पहुंच गया। सोमवार सुबह 6 बजे जलस्तर 950.40 फीट दर्ज हुआ, जबकि दो घंटे बाद यह 950.70 फीट हो गया। डैम पॉइंट पर जलस्तर में हर घंटे करीब 0.10 से 0.20 फीट की बढ़ोतरी होने की जानकारी है। हालांकि, नर्मदापुरम में नर्मदा नदी अभी खतरे के निशान से करीब 16.3 फीट नीचे बह रही है। नर्मदा के जलस्तर में लगातार हो रही वृद्धि को देखते हुए प्रशासन ने लोगों से नदी और घाटों के आसपास जाने से बचने तथा सुरक्षित दूरी बनाए रखने की अपील की है। जलस्तर पर लगातार निगरानी रखी जा रही है।
भाजपा के वरिष्ठ नेता और पूर्व जिला प्रवक्ता डॉ. रजनीश सिंह ने कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष अजय राय पर सावन के पवित्र महीने में अयोध्या में मांसाहार के सार्वजनिक प्रदर्शन का आरोप लगाते हुए नाराजगी जताई है। उन्होंने इसे सनातन समाज की भावनाओं के प्रति असंवेदनशील और दुर्भाग्यपूर्ण बताया। डॉ. रजनीश सिंह ने कहा कि अजय राय को इस मामले में तत्काल स्पष्टीकरण देना चाहिए और सनातन समाज की भावनाएं आहत होने पर सार्वजनिक रूप से माफी मांगनी चाहिए। उन्होंने कहा कि अयोध्या भगवान श्रीराम की जन्मभूमि और करोड़ों हिंदुओं की आस्था का केंद्र है। ऐसे में सावन के दौरान यहां धार्मिक भावनाओं का ध्यान रखा जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि व्यक्तिगत खान-पान की स्वतंत्रता अपनी जगह है, लेकिन सार्वजनिक जीवन में रहने वाले लोगों से धार्मिक संवेदनशीलता और मर्यादा की अपेक्षा की जाती है। ‘अयोध्या को राजनीतिक प्रदर्शन का मंच न बनाएं’ भाजपा नेता ने कहा कि अयोध्या की पवित्र भूमि को राजनीतिक प्रदर्शन या धार्मिक भावनाओं को आहत करने का माध्यम नहीं बनाया जाना चाहिए। उन्होंने कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष से सवाल करते हुए कहा कि क्या सनातन की भावनाओं को ठेस पहुंचाकर ही कांग्रेस की राजनीति आगे बढ़ेगी। डॉ. सिंह ने कहा कि अयोध्या में आकर हिंदुओं की आस्था और धार्मिक परंपराओं का सम्मान करना सभी राजनीतिक दलों की जिम्मेदारी है।
'सत्ता की मलाई खाते रहे लालू प्रसाद'; JDU ने कहा- जेल जाने के डर से बिहार के हितों की बलि चढ़ाई
जदयू ने राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद पर फरक्का जल समझौते में बिहार के हितों की बलि चढ़ाने का आरोप लगाया है, कहा कि उन्होंने जेल जाने के डर से ऐसा किया।
पूर्व सीएम चन्नी का पेपर देते फोटो हुआ वायरल, कटघरे में पीयू प्रशासन; परीक्षा रद्द करने की मांग
पूर्व मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी की परीक्षा देते हुए तस्वीर वायरल होने के बाद पंजाब विश्वविद्यालय की परीक्षा व्यवस्था पर सवाल उठे हैं।
मुरैना जिले में रविवार रात से रिमझिम बारिश हो रही है। सोमवार सुबह भी बारिश जारी रही। इससे उमस भरी गर्मी से लोगों को राहत मिली है। हालांकि, जिले में इस मानसून सीजन में अब तक बारिश सामान्य से काफी कम हुई है। 23 अगस्त तक 330.3 मिमी औसत बारिश 1 जून से 23 अगस्त तक जिले में 330.3 मिलीमीटर औसत बारिश दर्ज की गई है। पिछले साल इसी अवधि में 779.2 मिलीमीटर बारिश हुई थी। इस तरह पिछले साल की तुलना में इस बार 448.9 मिलीमीटर कम बारिश हुई है। जिले की औसत वार्षिक बारिश 706.9 मिलीमीटर है। 23 अगस्त को जिले में औसतन 8.9 मिलीमीटर बारिश रिकॉर्ड की गई। कैलारस में सबसे ज्यादा, पोरसा में बारिश नहीं 23 अगस्त को कैलारस में सबसे ज्यादा 18 मिलीमीटर बारिश दर्ज हुई। मुरैना में 17, जौरा में 11, सबलगढ़ में 5 और अंबाह में 2.5 मिलीमीटर बारिश हुई। पोरसा में बारिश दर्ज नहीं हुई। जौरा में सीजन की सबसे ज्यादा बारिश 1 जून से 23 अगस्त तक तहसीलवार आंकड़ों में जौरा में सबसे ज्यादा 466 मिलीमीटर बारिश हुई है। कैलारस में 386, सबलगढ़ में 355.5, मुरैना में 317.4, पोरसा में 314.5 और अंबाह में सबसे कम 142.6 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई। सीजन में तहसीलवार बारिश 23 अगस्त तक जिले में इस मानसून सीजन में सामान्य वार्षिक बारिश के मुकाबले करीब 376.6 मिलीमीटर बारिश कम दर्ज हुई है। पिछले साल की तुलना में भी इस बार मानसून कमजोर रहा है।
दो दिवसीय दौरे पर लखनऊ पहुंचे मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार
दो दिवसीय दौरे पर लखनऊ पहुंचे मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार
प्रतापगढ़ सावन के आखिर सोमवार को प्रमुख शिव मंदिरों में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ पड़ी। प्रसिद्ध बाबा बेलखरनाथ धाम में सोमवार सुबह चार बजे से ही शिव भक्तों का तांता लगना शुरू हो गया था। मंदिर परिसर में सुबह से ही भक्तों की लंबी कतारें देखी गईं, जहां वे जलाभिषेक और दर्शन-पूजन के लिए अपनी बारी का इंतजार कर रहे थे। श्रद्धालु बाबा बेलखरनाथ को बेलपत्र, धतूरा, फूल और मिठाई अर्पित कर सुख-समृद्धि तथा खुशहाली की कामना कर रहे थे। मंदिर परिसर 'हर-हर महादेव' और 'बोल बम' के जयकारों से गूंज उठा, जिससे पूरा माहौल भक्तिमय हो गया। भारी भीड़ को देखते हुए मंदिर प्रशासन ने सुरक्षा और व्यवस्था के पुख्ता इंतजाम किए थे। इस अवसर पर एक महिला श्रद्धालु ने बताया कि सावन के अंतिम सोमवार पर उन्होंने बाबा बेलखरनाथ धाम में जलाभिषेक और पूजा-अर्चना की। उन्होंने भगवान शिव से देश, प्रदेश और परिवार की सुख-समृद्धि, दीर्घायु तथा अच्छे स्वास्थ्य की कामना की। महिला ने यह भी कहा कि देश की सुरक्षा में तैनात जवानों के स्वस्थ और दीर्घायु रहने के लिए भी उन्होंने प्रार्थना की है। श्रद्धालु ने प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री के स्वस्थ एवं दीर्घायु रहने की भी कामना की। उनके अनुसार, यदि देश के नेतृत्वकर्ता स्वस्थ रहेंगे, तो देश भी आगे बढ़ेगा और सनातन धर्म की रक्षा के लिए सभी लोग मजबूती से आगे बढ़ सकेंगे। सावन के अंतिम सोमवार को बाबा बेलखरनाथ धाम में सुबह से ही श्रद्धालुओं की भारी भीड़ बनी रही। दूर-दराज के क्षेत्रों से आए भक्त कतारों में लगकर अपनी बारी का इंतजार करते रहे और बाबा के दर्शन के बाद प्रसाद लेकर अपने घरों को लौटे।
हरियाणा के पंचकूला में ग्रेजुएट बताकर 5वीं पास युवक की शादी बीएससी नर्सिंग पास युवती से करवा दी। शादी के दौरान आरोपी को आर्ट्स में ग्रेजुएट (B.A.), नशा न करने वाला और अच्छे चरित्र का बताया गया था। जो बाद में खुलासा हुआ कि आरोपी पर पहले से काफी केस चल रहे हैं। जिसका पहले से युवती को बताया नहीं गया था। पीड़िता की शिकायत पर वूमेन सैल और वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों की जांच के बाद थाना पिंजौर में आरोपी पति सुखचैन सिंह, ननद सतबीर कौर और बिचौलिये (मैरिज मेडिएटर) सुखविंदर कौर के खिलाफ आपराधिक मामला दर्ज कर लिया गया है। पीड़िता ने आरोपी पति के खिलाफ नशा कर मारपीट करने का भी आरोप लगाया है। पीड़िता के अनुसार आरोपी उसके साथ कमरे में बंद कर मारपीट करता था। अब समझिए शादी से एफआईआर तक पूरा मामला… पुलिस ने दर्ज की एफआईआरपिंजौर थाना SHO राजेश कुमार के अनुसार पीड़िता की शिकायत पर आरोपी पति सुखचैन सिंह, ननद सतबीर कौर और बिचौलिये सुखविंदर कौर के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 85 और 316(2) के तहत एफआईआर दर्ज की गई है। फिलहाल मामले की जांच महिला ASI सुनिता को सौंपी गई है।
कालका के ठाकुर द्वारा मंदिर में शिवलिंग का बाबा पौणाहारी जी के रूप में अलौकिक श्रृंगार
कालका के ठाकुर द्वारा मंदिर में शिवलिंग का बाबा पौणाहारी जी के रूप में अलौकिक श्रृंगार
आगरा के प्रार्थना अस्पताल में रविवार को मरीज की मौत पर तीमारदारों ने हंगामा कर दिया। उनका आरोप था कि अस्पताल में गलत इंजेक्शन लगाने से मरीज की मौत हुई है। परिजनों के हंगामे के चलते स्टाफ अस्पताल छोड़कर भाग गए। सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची। देर तक हंगामा चलता रहा। घटना थाना ट्रांस यमुना क्षेत्र की है। फिरोजाबाद के सिरसागंज निवासी कुलदीप कुमार को पैर में फ्रैक्चर होने पर 15 अगस्त को गल्ला मंडी के पास प्रार्थना अस्पताल में भर्ती कराया गया था। परिजनों के मुताबिक कुलदीप पिछले 9 दिन से अस्पताल में भर्ती था।डॉक्टर ने बताया कि उसके पैर में दो जगह फ्रैक्चर है। ऑपरेशन के लिए 23 अगस्त की तारीख तय की गई। शाम 4 बजे अस्पताल संचालक ने बाहर से किसी डॉक्टर को बुलाया। डॉक्टर के आने से पहले अस्पताल स्टाफ ने कुलदीप को कोई इंजेक्शन लगाया। इससे उसकी तबियत बिगड़ गई। 10 मिनट में ही कुलदीप की मौत हो गई। यहां पढ़ें पूरी खबर वाराणसी में M.Sc छात्रा के हत्यारोपी का दोस्त गिरफ्तार, साथियों के साथ मिलकर रची थी साजिश वाराणसी के चर्चित श्रेया उपाध्याय हत्याकांड के आरोपी को पुलिस ने सोमवार सुबह गिरफ्तार कर लिया। वह मुठभेड़ के दौरान बाइक से भाग रहा था। पुलिस ने उसे रोकने का प्रयास किया लेकिन वह फायरिंग करके भागने लगा। जवाबी कार्रवाई में उसके पैर में गोली लग गई। जिससे वह घायल हो गया। पुलिस ने उसे दबोच लिया। उसके बाद उसे अस्पताल ले आई। जहां उसे भर्ती कराकर इलाज कराया जा रहा है। पुलिस के अनुसार, आरोपी की पहचान पुनीत मिश्रा के तौर पर हुई है। वह मऊ का रहने वाला है। वह श्रेया हत्याकांड के मुख्य आरोपी विवेक चौबे का करीबी दोस्त है। पूछताछ में सामने आया कि पुनीत भी हत्या की साजिश में शामिल था। आरोप है कि उसने वारदात को अंजाम देने के लिए अपने कुछ दोस्तों को लाखों रुपये देने का लालच दिया था। बता दे कि श्रेया 18 अगस्त को घर से कॉलेज जाने के लिए निकली थी। शाम तक घर नहीं लौटी तो परिवार ने उसकी तलाश शुरू की। रिश्तेदारों और परिचितों से पूछताछ के बाद पुलिस को सूचना दी गई। मोबाइल लोकेशन से बच्छांव का पता चला। इसी दौरान विवेक चौबे का नाम सामने आया। वह बच्छांव में किराए के कमरे में रहता था और श्रेया से उसका पहले से परिचय बताया गया। परिजन विवेक के ननिहाल मिर्जापुर के सीखड़ क्षेत्र के भुआलपुर गांव पहुंचे। वहां उसके कमरे की चाबी मिली। चाबी लेकर परिजन बच्छांव स्थित कमरे पर पहुंचे। ताला खोलते ही अंदर तेज दुर्गंध आई। बाथरूम में श्रेया का शव पड़ा मिला था।
पंजाब यूनिवर्सिटी कैंपस में छात्र राजनीति अब पूरी तरह चुनावी रंग में नजर आने लगी है।
सतना जिले की कोठी थाना पुलिस ने एक मूक-बधिर नाबालिग से दुष्कर्म के आरोपी को रविवार को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी को न्यायालय में पेश करने के बाद जेल भेज दिया गया। कोठी थाना प्रभारी संतोष तिवारी ने बताया कि यह घटना 22 अगस्त को हुई थी। जब दिव्यांग नाबालिग अपने घर पर अकेली थी, तभी कोठी निवासी 24 वर्षीय शिवेन्द्र उर्फ महेश पिता तिलकराज कुशवाहा अचानक उसके घर में घुस आया। आरोपी ने नाबालिग के साथ जबरन दुष्कर्म किया। विरोध करने पर मारपीट कीनाबालिग ने विरोध किया तो आरोपी ने उसे धमकी दी और मारपीट भी की। इस दौरान नाबालिग की चीख-पुकार सुनकर उसकी एक रिश्तेदार मौके पर पहुंच गई। रिश्तेदार ने शोर मचाकर परिजनों को इकट्ठा किया, जिसके बाद लोगों ने आरोपी को पकड़कर एक कमरे में बंद कर दिया। घटना की सूचना तुरंत पुलिस को दी गई। मौके पर पहुंची पुलिस ने प्राथमिक जांच और मेडिकल परीक्षण के बाद आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज किया। आरोपी को हिरासत में ले लिया गया और रविवार को न्यायालय में पेश कर जेल भेज दिया गया।
लखनऊ विश्वविद्यालय में सोमवार से 18वें BRICS एकेडमिक फोरम की शुरुआत होगी। भारत की BRICS अध्यक्षता में आयोजित इस तीन दिवसीय कार्यक्रम में ब्राजील, रूस, भारत, चीन और दक्षिण अफ्रीका के साथ संगठन के नए सदस्य देशों के प्रतिनिधि भी शामिल होंगे। कार्यक्रम ऑब्जर्वर रिसर्च फाउंडेशन (ORF), RIS और लखनऊ विश्वविद्यालय के सहयोग से हो रहा है। वैश्विक मुद्दों पर विशेषज्ञ रखेंगे विचार ORF के अध्यक्ष समीर सरन ने रविवार को कार्यक्रम की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश हजारों साल से ज्ञान और विचार का प्रमुख केंद्र रहा है। फोरम में इसी विरासत को आगे बढ़ाते हुए विशेषज्ञ अलग-अलग क्षेत्रों पर अपने विचार साझा करेंगे। बैठक में आर्थिक विकास, तकनीकी बदलाव, जलवायु परिवर्तन और वैश्विक संस्थाओं में सुधार जैसे मुद्दों पर मंथन होगा। इसके अलावा नवीकरणीय ऊर्जा, MSME, विज्ञान, नई तकनीक, डिजिटल पब्लिक इंफ्रास्ट्रक्चर, व्यापार और मानव विकास पर भी चर्चा होगी। BRICS के नए सदस्य देशों की भी भागीदारी समीर सरन ने बताया कि इस बार फोरम में BRICS के नए सदस्य देशों के प्रतिनिधियों की भागीदारी भी महत्वपूर्ण रहेगी। इससे अलग-अलग देशों के बीच शोध, तकनीक, व्यापार और विकास के क्षेत्र में सहयोग बढ़ाने के नए रास्तों पर चर्चा होगी। विदेश मंत्रालय के अधिकारी भी रखेंगे विचार फोरम में भारत सरकार के विदेश मंत्रालय में सचिव (पूर्वी क्षेत्र) और BRICS शेरपा सुधाकर दलेला विशेष रूप से अपने विचार रखेंगे। आयोजन के दौरान ‘नवाचार, सहयोग और सततता के लिए BRICS’ विषयक घोषणा का विमोचन भी किया जाएगा। BRICS थिंक टैंक परिषद की सिफारिशें सौंपी जाएंगी कार्यक्रम में BRICS थिंक टैंक परिषद की सिफारिशों को विदेश मंत्रालय के प्रतिनिधियों को औपचारिक रूप से सौंपा जाएगा। प्रेसवार्ता में ORF के वाइस प्रेसीडेंट हर्ष वी. पंत भी मौजूद रहे।
कोटा शहर में बिजली की लाइनों के मेंटेनेंस कार्य के चलते आज सुबह से दोपहर तक कई इलाकों में निर्धारित समय तक बिजली कटौती रहेगी। निजी बिजली कंपनी की ओर से यह शटडाउन लिया गया है ताकि लाइनों और ट्रांसफॉर्मरों का रखरखाव किया जा सके। इस दौरान तकनीकी टीमों द्वारा वायरिंग, पोल और फीडर की जांच का कार्य किया जा रहा है। कंपनी ने नागरिकों से अपील की है कि वे आवश्यक कार्य पहले ही निपटा लें और सहयोग बनाए रखें। मेंटेनेंस पूरा होते ही प्रभावित क्षेत्रों में बिजली आपूर्ति सामान्य कर दी जाएगी। इन इलाकों में की जाएगी बिजली कटौती सुबह 09:30 से दोपहर 1:30 बजे तक: थेकड़ा रोड, रॉयल सन सिटी, सृष्टि विस्तार, रॉयल विस्तार, आशियाना नगर, ब्रिज धाम, अक्षर धाम, मोती नगर, मोती नगर विस्तार, सुखधाम, संतोष नगर इलाकों में 4 घंटे बिजली कटौती की जाएगी। सुबह 10:30 से दोपहर 12:30 बजे तक: पर्ल रेजीडेंसी, रिद्धि सिद्धि नगर आईएसटी, गणपति रेजीडेंसी, धन धन सतगुरु कॉलोनी इलाकों में 2 घंटे बिजली कटौती की जाएगी। सुबह 10:30 से दोपहर 2:30 बजे तक: नई बस्ती सोगरिया, पूनम कॉलोनी, दुर्गा नगर, लेबर चौराहा सोगरिया के पास, कैथूनीपोल मैन रोड, संतोषी माता की गली, फर्नीचर मार्केट, लालाजी नमकीन के आसपास, लकी स्कूल के पीछे, बिरला मेडिकल के आसपास, मोखापाड़ा, सारोला हाउस की गली, कृष्णा मुरारी दूध डेयरी की गली इलाकों में 4 घंटे बिजली कटौती की जाएगी। सुबह 8:30 से दोपहर 12:00 बजे तक: गुमानपुरा मैन रोड, मूमल गली, जड़िया कॉम्प्लेक्स मोदी हाउस के पास, गुमानपुरा, संतोष बेकरी के आसपास इलाकों में साढ़े तीन घंटे बिजली कटौती की जाएगी।
पानीपत में पड़ोसियों पर घर में घुसकर हमले का आरोप:महिला समेत 3 घायल; बच्चों का आपस में हुआ था झगड़ा
पानीपत शहर के वार्ड नंबर-15 स्थित शिव नगर में बच्चों के आपसी विवाद को लेकर दो पड़ोसी परिवारों के बीच कहासुनी के बाद मारपीट हो गई। आरोप है कि एक पक्ष के लोगों ने दूसरे परिवार के घर में घुसकर लाठी-डंडों से हमला कर दिया। घटना में शिकायतकर्ता, उसकी मां और छोटे भाई की पत्नी घायल हो गईं। पुलिस ने शिकायत और मेडिकल रिपोर्ट के आधार पर आरोपी पक्ष के खिलाफ केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस को दी शिकायत में शिव नगर निवासी प्रवीण ने बताया कि 20 अगस्त की शाम करीब 6:40 बजे वह ड्यूटी खत्म कर घर लौटा था। उसके बच्चों का पड़ोसी ओम के परिवार के बच्चों के साथ विवाद चल रहा था। आरोप है कि इसी रंजिश को लेकर संजय पुत्र ओमप्रकाश, उसकी पत्नी गीता और बेटी खुशी एकराय होकर प्रवीण के घर में घुस आए। शिकायत के अनुसार, घर में प्रवेश करते ही आरोपियों ने प्रवीण के साथ गाली-गलौज शुरू कर दी और उसके साथ मारपीट की। बीच-बचाव करने आई मां और बहू पर भी हमला प्रवीण ने आरोप लगाया कि शोर सुनकर उसकी मां और छोटे भाई की पत्नी आरती उसे बचाने के लिए आगे आईं। इस दौरान आरोपियों ने उनके साथ भी मारपीट कर दी। घटना में तीनों को चोटें आईं। आरोप है कि वारदात के बाद आरोपी जान से मारने की धमकी देते हुए मौके से चले गए। दोनों पक्षों की शिकायत के बाद जांच घटना के बाद प्रवीण ने किशनपुरा चौकी में शिकायत दी। वहीं दूसरे पक्ष की ओर से भी पुलिस को शिकायत दी गई। पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए घटनास्थल पर पहुंचकर जांच की और आसपास के लोगों से पूछताछ की। पुलिस के अनुसार, जांच के दौरान प्राप्त तथ्यों और बयानों के आधार पर प्रवीण की शिकायत पर कार्रवाई की गई। पुलिस ने मेडिकल रिपोर्ट के आधार पर आरोपियों के खिलाफ विभिन्न धाराओं में केस दर्ज कर लिया है। पुलिस ने शुरू की आगे की जांच पुलिस अब घटना से जुड़े साक्ष्य जुटा रही है। साथ ही मारपीट के दौरान इस्तेमाल किए गए सामान और घटनास्थल से जुड़े अन्य तथ्यों की भी जांच की जा रही है। पुलिस का कहना है कि जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगामी कार्रवाई की जाएगी।
लुधियाना में सरपंच की दबंगई का मामला सामने आया है। सीवर का ढक्कन बंद कराने की बात से नाराज सरपंच अपने दर्जनों समर्थकों के साथ पीड़ित के घर में घुस गया। देखते ही देखते विवाद बढ़ गया और कॉलोनी में ईंट-पत्थर चलने लगे। कुछ लोगों ने घरों की छतों से पूरी घटना की वीडियो भी बनाई। परिवार का आरोप है कि हमलावरों ने दिव्यांग बेटी के सिर पर बोतलें मारी। घर का सामान व मोटरसाइकिल तोड़ दी। इसके बाद आरोपी जान से मारने की धमकी देते हुए मौके से फरार हो गए। अब जानिए क्या है पूरा विवाद? 15 से 20 अन्य अज्ञात लोगों के खिलाफ केस इस मामले में पुलिस ने तरुण कुमार (सरपंच), मन्ना (पंच), राजू (पंच), घई बाबा, गोरा, बंटी उर्फ कालू, शान, लाला, गौतम वरुण उर्फ शूटर, वरुण का भाई, मनी, गंजू, सोनू उर्फ बादाम, जग्गी, दीपू, पम्मा और काका (गौतम का भाई) समेत 15 से 20 अन्य अज्ञात लोगों के खिलाफ केस दर्ज किया है। थाना सलेम टाबरी पुलिस ने पीड़ित के बयानों के आधार पर आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 333, 115(2), 191(3), 190, 324(4) और 351(3) के तहत मामला दर्ज किया है। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। आरोपियों के खिलाफ आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।
भोपाल में स्टूडेंट्स को इस बार भी यूपीएससी (संघ लोक सेवा आयोग) और एमपीपीएससी (मध्य प्रदेश लोक सेवा आयोग) की फ्री कोचिंग दी जाएगी। आज से रजिस्ट्रेशन शुरू होगा। 'पहले आओ-पहले पाओ' के आधार पर 50 बच्चों का सिलेक्शन होगा। जिला प्रशासन ने 2 साल पहले इसकी शुरुआत की थी। इस बार कोचिंग पॉलीटेक्निक चौराहा स्थित हिंदी भवन में 5 सितंबर से शुरू होगी। एनजीओ से जुड़े रामलखन मीणा ने बताया कि आर्थिक रूप से कमजोर एवं जरूरतमंद सभी वर्गों के विद्यार्थियों के एमपी पीएससी एवं यूपीएससी परीक्षा की तैयारी कराने के लिए जिला प्रशासन की पहल पर नि:शुल्क कोचिंग क्लासेस का नवीन बैच शुरू किया जा रहा है। जिससे रजिस्ट्रेशन की शुरुआत आत से होगी। रजिस्ट्रेशन 31 अगस्त तक चलेंगे। इन नंबरों पर करें संपर्क निःशुल्क कोचिंग क्लासेस की जानकारी प्राप्त करने के लिए 8357835433, 9584732481 पर संपर्क किया जा सकता है। इस पर रजिस्ट्रेशन की पूरी प्रक्रिया भी देखी जा सकती है। जिला प्रशासन भोपाल के मार्गदर्शन में आदर्श परिवार एवं आधुनिक नालंदा द्वारा निःशुल्क कोचिंग क्लासेस पं. रविशंकर शुक्ल न्यास के सहयोग से संचालित होने जा रही है। महंगी फीस नहीं भरने वालों को फायदा दरअसल, कई युवा ऐसे हैं, जो कॉम्पिटिटिव एग्जाम की तैयारी तो कर रहे हैं लेकिन महंगी फीस की वजह से कोचिंग नहीं कर पाते हैं। ऐसे युवाओं के लिए भोपाल जिला प्रशासन ने फ्री में कोचिंग शुरू की है। अफसर पढ़ाएंगे, विषय विशेषज्ञ भी आएंगे फ्री कोचिंग में स्वयं सेवी संस्थाओं से जुड़े लोगों और कॉलेज के प्रोफेसर्स की भी मदद ली जाएगी। कोचिंग कॉलेज में होगी। ऐसे अफसर जो बच्चों को पढ़ाने में रुचि रखते हों, वे एक से दो घंटे की नियमित क्लास लेंगे। इसके अलावा ऐसे लोग जो विषय विशेषज्ञ हैं और पढ़ाना चाहते हैं, वे भी आएंगे।
झामुमो ने भाजपा पर छात्रों के मुद्दों को राजनीतिक रंग देने का आरोप लगाया है, जबकि भाजपा ने कांग्रेस और राहुल गांधी पर झारखंड के छात्रों के साथ मारपीट पर चुप्पी साधने का सवाल उठाया है।
प्राचीन श्री काली माता मंदिर में शिवलिंग को दिया भगवान जगन्नाथ जी का स्वरूप
प्राचीन श्री काली माता मंदिर में शिवलिंग को दिया भगवान जगन्नाथ जी का स्वरूप
लो प्रेशर एरिया और मानसून ट्रफ सक्रिय होने से बारिश का दौर जारी है। सागर जिले में पिछले चार दिनों से रुक-रुककर बारिश हो रही है। रविवार को सुबह से ही शहर समेत ग्रामीण इलाकों में बारिश का सिलसिला शुरू हुआ जो दिनभर रुक-रुककर चलता रहा। इस दौरान सवा इंच से अधिक बारिश दर्ज की गई। लगातार हो रही बारिश से तापमान में गिरावट आई है। इस समय सागर का अधिकतम तापमान 26 डिग्री और न्यूनतम पारा 22 डिग्री सेल्सियस के आसपास बना हुआ है। मौसम विभाग के अनुसार, उत्तर-पूर्वी मध्यप्रदेश में बने कम दबाव क्षेत्र का असर जिले पर बना हुआ है। अगले 24 घंटे जिले में बारिश की संभावना जताई गई है। बादल छाए रहने के साथ ही रुक-रुककर बारिश हो सकती है। नया कम दबाव का क्षेत्र बनने के आसार मौसम विभाग की मानें तो कम दबाव क्षेत्र से होकर मानसून ट्रफ बंगाल की खाड़ी तक जा रही है। इससे नमी का प्रवाह लगातार बना रहेगा। अगले 48 घंटे में बारिश का क्षेत्र बढ़ सकता है। गरज-चमक और हवा चल सकती है। जिसके बाद कम दबाव का क्षेत्र कमजोर होकर आगे बढ़ने से सागर पर इसका सीधा प्रभाव कम हो जाएगा। बारिश की तीव्रता घटकर बादल, उमस और रुक-रुककर हल्की बारिश तक सीमित हो सकती है। उत्तर बंगाल की खाड़ी का ऊपरी चक्रवाती परिसंचरण अगले 24 घंटे में नया कम दबाव का क्षेत्र बना सकता है। इससे 25 अगस्त के आसपास सागर में फिर नमी बढ़ने के आसार हैं। जिले में अब तक 23 इंच औसत बारिश जिले में बारिश के इस सीजन में अब तक 23.1 इंच औसत बारिश हो चुकी है, जबकि पिछले साल 23 अगस्त तक जिले में 37.8 इंच बारिश हुई थी। इस प्रकार पिछले साल की तुलना में इस वर्ष जिले में 39.1 प्रतिशत कम पानी गिरा है। वहीं जिले की सामान्य बारिश 1230.5 मिमी यानी 48.4 इंच है। जिसकी तुलना में अब तक जिले में 47.6 प्रतिशत बारिश हुई है। ऐसे में जिले की बारिश का कोटा पूरा करने के लिए सीजन के शेष दिनों में करीब 25 इंच औसत बारिश की जरूरत है।
कानपुर के बिठूर थाना क्षेत्र के बनियापुरवा गांव के पास रविवार रात करीब 11,बजे गंगा बैराज रोड पर उस समय हड़कंप मच गया, जब सड़क किनारे अचानक एक मगरमच्छ दिखाई दिया। सड़क किनारे मगरमच्छ को देखकर राहगीर और आसपास के ग्रामीण सहम गए। कुछ ही देर में मौके पर लोगों की भीड़ जुटने लगी। इस दौरान राहगीरों ने मगरमच्छ का वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर वायरल कर दिया।प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, रविवार को गंगा बैराज रोड से लोग गुजर रहे थे। इसी दौरान सड़क किनारे झाड़ियों के पास मगरमच्छ दिखाई दिया। मगरमच्छ को देखते ही राहगीरों ने अपने वाहन रोक दिए और आसपास के लोगों को इसकी जानकारी दी। देखते ही देखते मौके पर लोगों की भीड़ एकत्र हो गई। भीड़ में शामिल कुछ लोगों ने मोबाइल फोन से मगरमच्छ का वीडियो बनाना शुरू कर दिया। जो बाद में सोशल मीडिया पर वायरल हो गया। मगरमच्छ के सड़क किनारे पहुंचने की सूचना मिलने पर कुछ लोगों ने डायल-112 पर पुलिस को जानकारी दी। सूचना मिलते ही बिठूर थाने की पुलिस मौके पर पहुंची। लेकिन पुलिस के पहुंचने से पहले ही मगरमच्छ सड़क किनारे झाड़ियों में चला गया। पुलिस ने आसपास मौजूद लोगों को सतर्क रहने और झाड़ियों की तरफ न जाने की हिदायत दी। गंगा का जलस्तर बढ़ने से गांवों में पहुंच रहे मगरमच्छ स्थानीय ग्रामीणों का कहना है कि गंगा का जलस्तर बढ़ने के बाद मगरमच्छ अक्सर गंगा से निकलकर आसपास के इलाकों और गांवों की तरफ पहुंच जाते हैं। बनियापुरवा और गंगा बैराज रोड के आसपास मगरमच्छ दिखाई देने से ग्रामीणों में दहशत का माहौल बना हुआ है। ग्रामीणों ने संबंधित विभाग से इलाके में निगरानी बढ़ाने और मगरमच्छ को सुरक्षित तरीके से पकड़कर नदी में छोड़ने की मांग की है। पुलिस से मगरमछ पकड़वाने की लगाई गुहार ग्रामीणों का कहना है कि गंगा किनारे बसे गांवों में लोग रोजमर्रा के काम के लिए नदी और आसपास के क्षेत्रों में आते-जाते हैं। ऐसे में मगरमच्छ के सड़क और आबादी के नजदीक पहुंचने से हादसे की आशंका बनी रहती है। ग्रामीणों ने प्रशासन से जल्द प्रभावी कदम उठाने व उसे पकड़ने की मांग की है।
एक तरफ प्रेमिका की हत्या का राज छिपाने की कोशिश, दूसरी तरफ पत्नी को शराब के नशे में धमकी। आरोपी को लगा था कि हत्या की कहानी यहीं खत्म हो गई, लेकिन उसकी एक फोन कॉल ने पूरा खेल पलट दिया।
गाजियाबाद में किसान यूनियन का स्टीकर लगी ब्लैक स्कॉर्पियो से हाईवे पर हुड़दंग और स्टंट करने का वीडियो सामने आया है। वीडियो क्रॉसिंग रिपब्लिक के पास का बताया जा रहा है। इसमें स्कॉर्पियो में सवार कुछ युवक गाड़ी से बाहर निकलकर हाईवे पर स्टंट करते नजर आ रहे हैं। वीडियो सामने आने के बाद ट्रैफिक पुलिस ने मामले की जांच शुरू करने की बात कही है। गाड़ी पर लगा था किसान यूनियन का स्टीकर वीडियो में ब्लैक स्कॉर्पियो दिखाई दे रही है, जिस पर किसान यूनियन का स्टीकर लगा हुआ है। गाड़ी के आसपास कुछ युवक स्टंट करते नजर आ रहे हैं। एनएच-9 पर पहले भी इस तरह के स्टंट के वीडियो सामने आ चुके हैं। अब किसान यूनियन के नाम और स्टीकर के इस्तेमाल के साथ सामने आए इस वीडियो ने कई सवाल खड़े कर दिए हैं। संगठन के नाम के इस्तेमाल पर सवाल वीडियो सामने आने के बाद यह सवाल उठ रहा है कि गाड़ी पर किसान यूनियन का स्टीकर क्यों लगाया गया था। अगर युवक संगठन से जुड़े हैं तो हाईवे पर इस तरह का हुड़दंग संगठन की छवि पर सवाल खड़े करता है। वहीं, अगर उनका संगठन से कोई संबंध नहीं है तो गाड़ी पर स्टीकर लगाने का मकसद भी जांच का विषय है। युवकों की पहचान करने का प्रयास ट्रैफिक पुलिस ने वीडियो के आधार पर मामले की जांच की बात कही है। पुलिस गाड़ी के नंबर और वीडियो में दिखाई दे रहे युवकों की पहचान करने का प्रयास कर रही है। जांच के बाद नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर कार्रवाई की जा सकती है।
सावन के अंतिम सोमवार के दिन चंडीगढ़ के मंदिरों में श्रद्धालुओं ने की पूजा
सावन के अंतिम सोमवार के दिन चंडीगढ़ के मंदिरों में श्रद्धालुओं ने की पूजा
ईको टूरिज्म को बढ़ावा देने के उद्देश्य से एक ग्रुप बीती रात प्रकृति भ्रमण पर उदयपुर पहुंचा। इस ग्रुप में शामिल प्रकृति प्रेमियों, पक्षी विशेषज्ञों और पर्यटकों ने सीतामाता वन्यजीव अभयारण्य और मेनार बर्ड विलेज का भ्रमण कर जंगल, ऐतिहासिक स्थलों और जलीय पक्षियों की दुनिया को करीब से देखा। यह दल रविवार की सुबह उदयपुर से रवाना होकर सबसे पहले सीतामाता वन्यजीव अभयारण्य पहुंचा। यहां पर्यटकों ने औषधीय वनस्पतियों और जैव विविधता से भरपूर जंगलों का अनुभव किया। भ्रमण के दौरान भागी बावड़ी और पौराणिक महत्व वाले महर्षि वाल्मीकि आश्रम का भी दौरा किया गया, जहां पर्यटकों ने प्राकृतिक वातावरण के बीच इतिहास और आस्था से जुड़े स्थलों को देखा। यह आयोजन वन विभाग के वन्यजीव प्रभाग की ओर से किया गया। इसके बाद दल ने बारह बीघा का बड़ला नाम से प्रसिद्ध विशाल वटवृक्ष का अवलोकन किया, जो अभयारण्य का प्रमुख आकर्षण माना जाता है। पर्यटकों ने सीता कुंड के प्राकृतिक जलस्रोत और प्राचीन सीतामाता मंदिर में दर्शन-पूजन भी किए। तस्वीरों में देखें प्रकृति के नजारे…. पर्यटकों ने मेनार बर्ड विलेज का किया अवलोकन वापसी के दौरान पर्यटकों को मेनार बर्ड विलेज ले जाया गया। मेनार झील के जलभराव क्षेत्र में दूरबीन और कैमरों की मदद से देसी और प्रवासी जलीय पक्षियों का अवलोकन कराया गया। विशेषज्ञों ने पक्षियों की विभिन्न प्रजातियों, उनके निवास और स्थानीय पारिस्थितिकी तंत्र के संरक्षण से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारी भी शेयर की। वन विभाग की ओर से बताया गया कि ईको टूरिज्म के तहत आगे भी प्रकृति भ्रमण की श्रृंखला जारी रहेगी। अगली यात्राओं में गोरमघाट, भीलबेरी, सीतामाता अभयारण्य और फुलवारी की नाल अभयारण्य जैसी जगहों को शामिल किया गया है। इच्छुक पर्यटक इन यात्राओं में रजिस्ट्रेशन कर सकते हैं और अधिक जानकारी के लिए 7568348678 पर संपर्क कर सकते हैं।
आगरा में काले बादल छाए, बारिश के आसार:अगस्त में सामान्य से 6% कम बारिश हुई, कल से मौसम साफ रहेगा
आगरा में सोमवार सुबह से काली घटाएं छाई हैं। सामन्य से अधिक हवा चल रही है। इसके बावजूद उमसभरी गर्मी से बरकरार है। दिन में गरज-चमक के साथ एक या दो बार बारिश की संभावना बनी हुई है। मौसम विभाग के अनुसार, 25 अगस्त से मौसम खुल सकता है। कुछ देर के लिए बादल छाए रह सकते हैं, लेकिन बारिश या बूंदाबांदी के आसार नहीं हैं। रविवार को दिन रही सूरज की लुका-छुपी के बीच एक बार फिर से तापमान में बढ़ोत्तरी दर्ज की गई है। रविवार को अधिकतम तापमान 34.5 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 26.4 डिग्री सेल्सियस रहा। जोकि सामान्य से 0.4 डिग्री सेल्सियस कम है। जबकि शनिवार को अधिकतम तापमान 33.4 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 26.7 डिग्री सेल्सियस रहा था। अगले 5 दिन मौसम का हाल जानिएमौसम विभाग के अनुसार, आज दिन में गरज के साथ बूंदाबांदी या बारिश हो सकती है। इसके साथ ही तेज हवाएं भी चल सकती हैं। मगर, अगले 24 घंटे बाद मौसम बदल सकता है। तापमान बढ़ने के साथ ही उमस और बढ़ेगी। मौसम विभाग के मुताबिक, 25 अगस्त से दिन में धूप निकल सकती है। कुछ देर के लिए आवाजाही बनी रहेगी। 29 अगस्त तक बारिश या बूंदाबांदी के आसार नहीं है। हालांकि बादल छाये रहने के संकेत हैं। इस बीच अधिकतम तापमान 37 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 27 डिग्री सेल्सियस रह सकता है। सामान्य से 6% कम बारिशआगरा में इस मानसून में ज्यादा बारिश नहीं हुई है। अब तक सामान्य से 6% कम बारिश हुई है। मौसम विभाग के अनुसार, मानसून में आगरा में 387.6 मिमी बारिश होनी चाहिए थी, जबकि 363.1 मिमी ही बारिश हुई। इस तरह आगरा में सामान्य से भी 24.5 मिमी बारिश कम हुई है।
मध्य प्रदेश के सिवनी जिले की मिडिल स्कूल शिक्षिका साक्षी ताम्रकार सहित अन्य अभ्यर्थियों ने हाईकोर्ट में याचिका दायर कर शिक्षक भर्ती में पदस्थापना प्रक्रिया पर सवाल उठाए थे। याचिका में आरोप लगाया गया कि अधिक मेरिट वाले अभ्यर्थियों को पसंद का स्कूल चुनने का अवसर नहीं मिला, जबकि उनसे कम अंक वाले अभ्यर्थियों को पसंदीदा स्कूल आवंटित कर दिए गए। मामले की शनिवार को सुनवाई जस्टिस आनंद पाठक और जस्टिस बीपी शर्मा की डिवीजन बेंच ने की। कोर्ट ने स्पष्ट किया कि भर्ती प्रक्रिया शुरू होने के बाद नियमों में ऐसा बदलाव नहीं किया जा सकता, जिससे अभ्यर्थियों के अधिकार प्रभावित हों। कोर्ट ने राज्य सरकार को निर्देश दिए कि जनजातीय कार्य विभाग में पहले से पदस्थ मेरिटोरियस अभ्यर्थियों को स्कूल शिक्षा विभाग में चॉइस फिलिंग का अवसर दिया जाए। इसके बाद उनकी मेरिट के आधार पर पदस्थापना की जाए। 2018 की शिक्षक भर्ती से जुड़ा है मामला दरअसल, 2018 में शिक्षक पात्रता परीक्षा के आधार पर स्कूल शिक्षा और जनजातीय कार्य विभाग में संयुक्त शिक्षक भर्ती निकाली गई थी। साक्षी ताम्रकार सहित 54 याचिकाओं में अभ्यर्थियों ने बताया कि आरक्षित वर्ग के कई उम्मीदवारों ने सामान्य वर्ग के अभ्यर्थियों से भी अधिक अंक हासिल किए थे। मेरिट के आधार पर उन्हें जनजातीय कार्य विभाग के स्कूलों में नियुक्ति मिली। इसके बाद नवंबर-दिसंबर 2022 में जारी निर्देशों के चलते एक विभाग में नियुक्त होकर जॉइन कर चुके शिक्षकों को रिक्त पदों के लिए होने वाली काउंसलिंग और चॉइस फिलिंग से बाहर कर दिया गया। याचिकाकर्ताओं का कहना था कि बाद के निर्देशों से भर्ती की मूल प्रक्रिया प्रभावित हुई। अधिक मेरिट वाले अभ्यर्थी स्कूल शिक्षा विभाग में अपनी पसंद का स्कूल नहीं चुन सके, जबकि कम मेरिट वालों को पसंदीदा स्कूल मिल गए। साक्षी ताम्रकार का मामला बना अहम आधार सुनवाई के दौरान अधिवक्ता प्रशांत कुमार बड़ारया, अंशुमान सिंह और अमित कुमार चतुर्वेदी ने अभ्यर्थियों की ओर से पक्ष रखा। कोर्ट के सामने साक्षी ताम्रकार के मामले का विशेष उल्लेख किया गया। उनका दस्तावेज सत्यापन पूरा हो चुका था और चॉइस लिस्ट में नाम भी शामिल था। इसके बावजूद ट्राइबल विभाग से नियुक्ति पत्र जारी होने के कारण उन्हें चॉइस फिलिंग का मौका नहीं मिला। 2 महीने में चॉइस फिलिंग, मेरिट से होगी पोस्टिंग डिवीजन बेंच ने राज्य सरकार को निर्देश दिया है कि दो महीने के भीतर संबंधित अभ्यर्थियों को स्कूल चॉइस फिलिंग पॉलिसी के तहत प्राथमिकताएं दर्ज करने का अवसर दिया जाए। इसके बाद उनकी मेरिट के आधार पर पदस्थापना तय होगी। कोर्ट ने यह भी कहा कि नई प्रक्रिया से यदि पहले से कार्यरत कम मेरिट वाले शिक्षक प्रभावित होते हैं, तो उन्हें उपलब्ध रिक्तियों के आधार पर संबंधित विभाग या दूसरे विभाग में समायोजित किया जाए। अदालत ने माना कि भर्ती प्रक्रिया शुरू होने के बाद चयन की मूल शर्तों और अभ्यर्थियों के अधिकारों को प्रभावित करने वाले बदलाव नहीं किए जा सकते। फैसले से शिक्षक भर्ती-2018 के मेरिटोरियस अभ्यर्थियों को राहत मिलने की उम्मीद है। साथ ही स्कूल शिक्षा और जनजातीय कार्य विभाग में पदस्थापना को लेकर लंबे समय से चले आ रहे विवाद पर भी इसका असर पड़ सकता है।
भीलवाड़ा में नगर निगम चुनाव से पहले निर्दलीय विधायक अशोक कोठारी ने कार्यकर्ता स्नेह मिलन के जरिए शक्ति प्रदर्शन किया। रविवार शाम शहर के हरिसेवा धाम में हुए कार्यक्रम में उन्होंने अपने 33 महीने के कार्यकाल का लेखा-जोखा सामने रखा। साथ ही निकाय चुनाव में आगे की रणनीति को लेकर भी संकेत दिए। कोठारी ने कहा कि वे दो दिन टिकट चयन प्रक्रिया को देखेंगे। इसके बाद कार्यकर्ताओं और विचार परिवार के साथ बैठक कर आगे का फैसला करेंगे। 'मेरे साथ जुड़े लोग भाजपा के ही कार्यकर्ता' कोठारी ने अपने समर्थकों को भाजपा से अलग नहीं बताया। उन्होंने कहा कि उनके साथ जुड़े लोग भाजपा के ही निष्ठावान और वरिष्ठ कार्यकर्ता हैं। भाजपा के लोग भी हमारे हैं और हमारा प्रयास है कि सेवा भाव रखने वाले सही लोगों को राजनीति में मौका मिले। उन्होंने कहा कि टिकट वितरण में पर्याप्त प्रतिनिधित्व नहीं मिला तो भाजपा के सामने भीतरघात की चुनौती खड़ी हो सकती है। हालांकि उन्होंने निकाय चुनाव को लेकर अपना फैसला कार्यकर्ताओं और विचार परिवार की बैठक पर छोड़ दिया। कोठारी ने इस दौरान अपने विधानसभा क्षेत्र में 33 महीने के कार्यकाल में कराए गए कामों का लेखा-जोखा भी सामने रखा। प्रदेश स्तर पर सम्मान, जिले में अनदेखी का आरोप विधायक कोठारी ने कहा कि प्रदेश स्तर पर उन्हें पूरा सम्मान मिला और सभी काम हुए, लेकिन जिला स्तर पर वैसी स्थिति नहीं बन पाई। उनके मुताबिक, उनके कार्यकर्ताओं को न तो सम्मान मिला और न ही उचित स्थान दिया गया। कोठारी ने कहा कि उनके साथ जुड़े कार्यकर्ताओं का सम्मान और सुरक्षा करना उनका दायित्व है। उन्होंने कहा कि कार्यकर्ताओं की अनदेखी को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। घर वापसी करने वाले भाजपा नेता भी मंच पर नजर आए कार्यक्रम में भाजपा के वे चेहरे भी मंच पर नजर आए, जो विधानसभा चुनाव में कोठारी के साथ खड़े रहने के कारण पार्टी से निष्कासित किए गए थे। बाद में इन नेताओं की भाजपा में घर वापसी कराई गई थी। इनमें पूर्व सभापति लक्ष्मीनारायण डाड, पूर्व उप महापौर रामलाल योगी, पूर्व नगर अध्यक्ष कन्हैयालाल स्वर्णकार और पूर्व प्रदेश कार्यसमिति सदस्य भगवान सिंह चौहान शामिल रहे। ये सभी विधानसभा चुनाव के दौरान विचार परिवार के साथ निर्दलीय प्रत्याशी अशोक कोठारी के प्रचार-प्रसार में जुटे थे। प्रदेश संगठन ने उस समय कुछ नेताओं को पार्टी से बाहर कर दिया था, लेकिन बाद में उन्हें दोबारा भाजपा में शामिल कर लिया गया। संतों सहित ये लोग रहे मौजूद कार्यक्रम में संत प्रकाशदास महाराज, महामंडलेश्वर बाबू गिरी महाराज, महंत रामदास रामायणी, महंत संतदास महाराज, महंत बलराम दास, मंशापूर्ण बालाजी के पंडित कृष्ण शास्त्री, गुरला महंत पुनीतदास, संत लाल महाराज, संत माधोराम सालवी, मुरारी पांडे, संत प्रकाशानंद, पूजा-भजन गायक संत प्रकाशदास महाराज, राजेश बालार, तिलोकचंद छाबड़ा और पद्मश्री जानकीलाल भांड सहित कई लोग मौजूद रहे।
उमरिया के बांधवगढ़ टाइगर रिजर्व के धमोखर परिक्षेत्र के बफर क्षेत्र में पानी के बहाव और कटाव से बनी अनोखी पत्थर संरचना है। इसके बीच से प्राकृतिक जलधारा गुजरती है, जिसे स्थानीय लोग ‘कथली’ कहते हैं। बारिश के मौसम में जलधारा का बहाव बढ़ने पर यहां पत्थरों के बीच से पानी गिरता और बहता दिखाई देता है। बांधवगढ़ टाइगर रिजर्व के क्षेत्र संचालक अनुपम सहाय के मुताबिक, यह संरचना हजारों वर्ष पुरानी है। पत्थरों के बीच से गुजरती है ‘कथली’ जलधारा जंगल के बीच स्थित इस पत्थरीली संरचना से एक प्राकृतिक जलधारा गुजरती है। स्थानीय लोग इसे ‘कथली’ कहते हैं। यह जलधारा आगे चलकर उमड़ार नदी में मिल जाती है। बारिश के मौसम में जलधारा में पानी का बहाव बढ़ जाता है। इस दौरान पत्थरों के बीच से पानी गिरता और बहता है। इससे यहां का प्राकृतिक दृश्य और आकर्षक हो जाता है। पर्यटक इस दौरान यहां रुककर पत्थरों की बनावट और पानी के बहाव को करीब से देखते हैं। दरअसल, कोर एरिया में टूरिज्म बंद है। जिससे पर्यटक बफर जोन पहुंच रहे हैं। पर्यटकों ने रविवार को यह अनोखी पत्थर संरचना देखी। जिसका वीडियो भी सामने आया। गर्मी में वन्यजीवों के लिए भी उपयोगी यह स्थान सिर्फ पर्यटकों के लिए आकर्षण नहीं है। बारिश के बाद जलधारा में जमा पानी और आसपास मौजूद प्राकृतिक जलस्रोत गर्मी के मौसम में वन्यजीवों के लिए पानी का स्रोत बनते हैं। पर्यटक यहां उतरकर पत्थरों की प्राकृतिक बनावट को करीब से देखते हैं। पानी के लगातार बहाव और कटाव से बनी इस संरचना को क्षेत्र की प्राकृतिक विशेषता के तौर पर देखा जाता है। बांधवगढ़ टाइगर रिजर्व के क्षेत्र संचालक अनुपम सहाय ने बताया कि यह संरचना हजारों वर्ष पुरानी है। बारिश के मौसम में यहां पानी का बहाव बढ़ने से इसका दृश्य बेहद सुंदर दिखाई देता है।
मध्य प्रदेश में वर्ग-2 माध्यमिक और वर्ग-3 प्राथमिक शिक्षक भर्ती-2025 में पदवृद्धि की मांग को लेकर भोपाल के नीलम पार्क में चल रहा अनिश्चितकालीन धरना गंभीर स्थिति में पहुंच गया है। आंदोलनकारी अभ्यर्थियों के अनुसार ब्यावरा निवासी नरेंद्र राजपूत पिछले चार दिनों से निर्जल अनशन पर बैठे हैं। सोमवार रात करीब 3 बजे अचानक उनकी तबीयत बिगड़ गई। उन्हें लगातार चक्कर और कमजोरी की शिकायत हो रही है। धरना स्थल पर मौजूद अभ्यर्थियों ने प्रशासन को इसकी सूचना दी। आंदोलनकारियों के मुताबिक पुलिस प्रशासन पहले भी नरेंद्र को अस्पताल ले जाने का प्रयास कर चुका है, लेकिन उन्होंने अस्पताल जाने से इनकार कर दिया। अस्पताल जाने से इनकार, धरनास्थल पर डॉक्टर बुलाने की मांग नरेंद्र राजपूत का कहना है कि जब तक सरकार पदवृद्धि की मांग को लेकर कोई ठोस आदेश जारी नहीं करती, तब तक वे धरना स्थल से नहीं हटेंगे। उनका कहना है कि यदि प्रशासन को उनके स्वास्थ्य की चिंता है तो धरना स्थल पर ही डॉक्टरों की टीम भेजकर स्वास्थ्य जांच कराई जाए। आंदोलनकारियों के अनुसार लगातार चार दिन से खाना और पानी नहीं लेने के कारण नरेंद्र की हालत कमजोर होती जा रही है। सोमवार रात तबीयत बिगड़ने के बाद साथी अभ्यर्थियों ने प्रशासन और मीडिया से मामले में तत्काल हस्तक्षेप की अपील की। सरकार तक आवाज पहुंचाने की अपील आंदोलन कर रहे अभ्यर्थियों ने मीडिया के माध्यम से सरकार तक अपनी मांग पहुंचाने की अपील की है। उनका कहना है कि वे लंबे समय से वर्ग-2 और वर्ग-3 शिक्षक भर्ती में पदवृद्धि की मांग कर रहे हैं। अब आंदोलन निर्णायक दौर में पहुंच गया है। वर्ग-2 में हर विषय के 3 हजार पद बढ़ाने की मांग अभ्यर्थियों की मांग है कि वर्ग-2 में प्रत्येक विषय में 3 हजार पद बढ़ाए जाएं, जबकि वर्ग-3 में कुल 25 हजार पद किए जाएं। इसके साथ ही बढ़े हुए पदों पर दूसरी काउंसलिंग कराने की मांग भी की जा रही है। अभ्यर्थियों का दावा है कि शिक्षा विभाग में बड़ी संख्या में पद रिक्त हैं, लेकिन भर्ती प्रक्रिया में पर्याप्त पद शामिल नहीं किए गए। इसके कारण पात्रता और चयन परीक्षा में अच्छे अंक हासिल करने वाले कई अभ्यर्थी भी नियुक्ति से वंचित रह गए हैं। बच्चों के साथ धरने में महिला अभ्यर्थी भी नीलम पार्क में चल रहे आंदोलन में कई महिला अभ्यर्थी अपने छोटे बच्चों के साथ भी धरने पर बैठी हैं। इंदौर की दीप्ति सिंह ठाकुर अपनी 5 और 8 साल की बेटियों के साथ धरना स्थल पर मौजूद हैं। वहीं सरोज कुशवाहा अपने छोटे बेटे माधव के साथ आंदोलन में डटी हैं। महिला अभ्यर्थियों का कहना है कि बच्चों के साथ पार्क में रहना मुश्किल हो रहा है। मच्छरों, पानी और वॉशरूम की समस्या के साथ छोटे तालाब के किनारे होने से बच्चों की सुरक्षा की भी चिंता रहती है। इसके बावजूद उनका कहना है कि पदवृद्धि का फैसला होने तक वे आंदोलन जारी रखेंगी। 21 अगस्त से चल रहा अनिश्चितकालीन धरना पदवृद्धि की मांग को लेकर प्रदेशभर के अभ्यर्थी 21 अगस्त को भोपाल पहुंचे थे। डीपीआई के सामने प्रदर्शन और ज्ञापन देने के बाद रैली के जरिए नीलम पार्क पहुंचकर अनिश्चितकालीन धरना शुरू किया गया। आंदोलनकारियों का कहना है कि इससे पहले भी नवंबर 2025 से जुलाई 2026 तक कई चरणों में भोपाल में प्रदर्शन और धरने किए जा चुके हैं। अब अभ्यर्थी सरकार से वर्ग-2 और वर्ग-3 शिक्षक भर्ती में पद बढ़ाकर दूसरी काउंसलिंग शुरू कराने की मांग कर रहे हैं।
गोंडा में करीब तीन दशक से लंबित भूमि विवाद की सुनवाई कर रहीं सिविल जज को कथित तौर पर फोन कर प्रभावित करने के मामले में इलाहाबाद हाईकोर्ट की लखनऊ खंडपीठ ने सख्त रुख अपनाया है। कोर्ट ने देवीपाटन मंडल की आयुक्त और वरिष्ठ आईएएस अधिकारी दुर्गा शक्ति नागपाल द्वारा सिविल जज शबीना खान को फोन किए जाने और कथित दबाव बनाने को प्रथमदृष्टया न्यायपालिका की स्वतंत्रता पर सीधा प्रहार माना है। न्यायमूर्ति सैयद कमर हसन रिजवी की पीठ ने मामले को आपराधिक अवमानना के तहत विचार किए जाने योग्य माना है। कोर्ट ने निर्देश दिया कि मुख्य न्यायाधीश या वरिष्ठ न्यायाधीश से आवश्यक दिशा-निर्देश लेने के बाद मामले को उचित अदालत के सामने रखा जाए। 1997 से चल रहा है स्कूल और नगर पालिका के बीच विवाद मामला ज्योति विद्या मंदिर स्कूल की ओर से नगर पालिका परिषद गोंडा के खिलाफ दायर नियमित वाद से जुड़ा है। यह मुकदमा वर्ष 1997 से सिविल कोर्ट में लंबित है। स्कूल की ओर से इस मामले को दूसरी अदालत में स्थानांतरित करने की मांग की गई थी। विवाद नजूल भूमि के कई टुकड़ों को लेकर है, जो देवीपाटन मंडल के आयुक्त के नाम दर्ज हैं। मंडलायुक्त की ओर से कोर्ट में बताया गया कि यह जमीन कार्यालय भवन और अन्य सरकारी कामों के लिए आरक्षित थी। आरोप है कि इसी जमीन पर स्कूल भवन का निर्माण कर दिया गया। मामला फिलहाल साक्ष्य के चरण में है और जमीन को लेकर यथास्थिति बनाए रखने का आदेश भी है। स्कूल ने लगाया था अधिकारियों पर दबाव बनाने का आरोप स्कूल की ओर से आरोप लगाया गया था कि राज्य के अधिकारी अपने पद का इस्तेमाल कर सिविल कोर्ट की कार्यवाही को प्रभावित करने का प्रयास कर रहे हैं। इसी आधार पर मुकदमे को देवीपाटन मंडल से बाहर किसी दूसरी अदालत में स्थानांतरित करने की मांग की गई थी। सुनवाई के दौरान जज को फोन किए जाने का मामला भी सामने आया। हाईकोर्ट ने इस पूरे घटनाक्रम को गंभीरता से लेते हुए कहा कि किसी व्यक्ति, पक्षकार या अधिवक्ता की ओर से अदालत पर दबाव बनाने की कोशिश न्याय प्रक्रिया में सीधा हस्तक्षेप है। अधीनस्थ अदालतों को दबाव और अपमान से सुरक्षित रखना जरूरी हाईकोर्ट ने कहा कि अधीनस्थ अदालतों को अपमान और दबाव से सुरक्षित रखा जाना चाहिए। पीठासीन अधिकारियों को बिना किसी भय या दबाव के अपने न्यायिक दायित्वों का निर्वहन करने की स्वतंत्रता होनी चाहिए। कोर्ट ने सुप्रीम कोर्ट के उस फैसले का भी हवाला दिया, जिसमें न्यायिक कार्यवाही से जुड़े मामलों में न्यायाधीशों को धमकी देने या उन पर दबाव बनाने की कोशिश को गंभीरता से लिया गया है।हाईकोर्ट की टिप्पणी है कि अदालत की कार्यवाही को प्रभावित करने का कोई भी प्रयास न सिर्फ संबंधित न्यायाधीश के काम में बाधा डालता है, बल्कि न्याय प्रशासन की स्वतंत्रता और निष्पक्षता को भी प्रभावित करता है।
निकाय चुनाव की घोषणा के साथ ही बीकानेर में पार्षद बनने की दौड़ तेज हो गई है। कार्यकर्ता टिकट के लिए आवेदन कर रहे हैं तो बड़े नेताओं के लिए भी ये चुनाव अपने-अपने पॉवर सेंटर मजबूत करने का जरिया बनते नजर आ रहे हैं। कांग्रेस में जहां संगठन की प्रक्रिया के साथ बड़े नेता अपने स्तर पर उम्मीदवारी के आवेदन ले रहे हैं, वहीं भाजपा में संगठन कार्यालय के साथ विधायकों से लेकर केंद्रीय मंत्री और कैबिनेट मंत्री तक दावेदार पहुंच रहे हैं। दोनों पार्टियों में टिकट का अंतिम फैसला संगठन स्तर पर ही होना है, इसके बावजूद बड़े नेताओं ने अपने-अपने स्तर पर कार्यकर्ताओं के आवेदन लेने शुरू कर दिए हैं। बीकानेर शहर के 80 वार्ड बीकानेर पूर्व और पश्चिम विधानसभा क्षेत्रों में आते हैं। ऐसे में दोनों विधानसभा सीटों से प्रत्याशी रहे पूर्व कैबिनेट मंत्री डॉ. बी.डी. कल्ला और पूर्व शहर अध्यक्ष यशपाल गहलोत भी अपने स्तर पर आवेदन ले रहे हैं। कांग्रेस ने ऑनलाइन आवेदन भी लिए हैं। शहर कांग्रेस कार्यालय में अध्यक्ष मदन गोपाल मेघवाल के पास भी रोजाना कार्यकर्ता टिकट की दावेदारी लेकर पहुंच रहे हैं। वहीं देहात कांग्रेस अध्यक्ष बिशनाराम सियाग के कार्यालय में भी सुबह से शाम तक कार्यकर्ताओं की भीड़ जुट रही है। सियाग के सामने नोखा, लूणकरनसर, श्रीडूंगरगढ़, देशनोक, नापासर और खाजूवाला नगर पालिकाओं के दावेदार आवेदन लेकर पहुंच रहे हैं। प्रत्याशियों के जरिए भी लिए जा रहे आवेदन पार्टी स्तर पर टिकट देने की जिम्मेदारी संगठन की है, लेकिन अंदरुनी व्यवस्था के तहत विधानसभा प्रत्याशियों से भी दावेदारों को लेकर रिपोर्ट ली जा रही है। कांग्रेस अपने पूर्व प्रत्याशियों के माध्यम से भी नगर निकायों में बोर्ड बनाने की तैयारी कर रही है। नोखा में कांग्रेस विधायक सुशीला डूडी, खाजूवाला में गोविंदराम मेघवाल, श्रीडूंगरगढ़ में मंगलाराम गोदारा और लूणकरनसर में डॉ. राजेंद्र मूंड के माध्यम से आवेदन लिए जा रहे हैं। इन नेताओं के पास आने वाले आवेदन बाद में देहात कांग्रेस संगठन के पास पहुंचेंगे। भाजपा में केंद्रीय मंत्री तक पहुंच रहे दावेदार भाजपा में भी टिकट के लिए दावेदार संगठन के साथ बड़े नेताओं तक पहुंच बना रहे हैं। स्थानीय निकाय चुनाव में केंद्रीय मंत्री की सीधी भूमिका नहीं होने के बावजूद बड़ी संख्या में दावेदार केंद्रीय कानून मंत्री और बीकानेर सांसद अर्जुनराम मेघवाल से सिफारिश के लिए संपर्क कर रहे हैं। बीकानेर में निगम महापौर और बाकी पांच विधानसभा क्षेत्रों में नगर पालिका अध्यक्ष बनाने की जिम्मेदारी को लेकर मेघवाल पर भी दबाव रहेगा। ऐसे में टिकट वितरण में उनकी भूमिका अहम मानी जा रही है। विधायकों के पास भी पहुंच रहे दावेदार कांग्रेस की तरह भाजपा में भी विधायकों और विधानसभा प्रत्याशियों के माध्यम से टिकट के लिए आवेदन किए जा रहे हैं। हालांकि पार्टी की ओर से स्पष्ट है कि संगठन स्तर पर दिए गए आवेदन ही स्वीकार किए जाएंगे, लेकिन टिकट चयन में विधायकों की भूमिका भी महत्वपूर्ण रहेगी। बीकानेर नगर निगम के लिए पूर्व विधायक सिद्धि कुमारी और पश्चिम विधायक जेठानंद व्यास के पास रोजाना दावेदार आवेदन लेकर पहुंच रहे हैं। व्यास अपने स्तर पर दावेदारों की सूची तैयार कर रहे हैं, जिसे संगठन के माध्यम से आगे बढ़ाया जाएगा। बीकानेर पूर्व की विधायक सिद्धि कुमारी भी इस चुनाव में सक्रिय नजर आएंगी। वहीं नोखा में पार्टी प्रत्याशी बिहारीलाल बिश्नोई, लूणकरनसर और नापासर में कैबिनेट मंत्री सुमित गोदारा, देशनोक में कोलायत विधायक अंशुमान सिंह भाटी, श्रीडूंगरगढ़ में ताराचंद सारस्वत और खाजूवाला में डॉ. विश्वनाथ मेघवाल के पास टिकट के लिए आवेदन किए जा रहे हैं। इन नेताओं पर अपने-अपने क्षेत्रों में पार्टी का बोर्ड बनाने का दबाव भी है। ऐसे में टिकट वितरण में इनकी परोक्ष भूमिका से इनकार नहीं किया जा रहा है।

