बांसवाड़ा शहर के हाउसिंग बोर्ड स्थित जैन मंदिर क्षेत्र में दिनदहाड़े स्कूटी सवार महिला के गले से लूटी गई सोने की चेन को पुलिस ने आरोपी के घर से बरामद कर लिया है। चैन की कीमत करीब साढ़े 3 लाख रुपए से अधिक है। हालांकि आरोपी का मुख्य साथी फिलहाल पुलिस की गिरफ्त से बाहर है। पुलिस ने बताया कि आरोपी संजय पुत्र जीवा निवासी बिछीवाड़ा से सख्ती से पूछताछ की गई। इसमें उसने बताया कि वह पहले शराब तस्करी करता था। लेकिन शराब तस्करी के दौरान उसकी कार गुजरात में जब्त कर ली गई। इसके बाद उसे नुकसान भी हुआ। इसी कारण उसने लूट की वारदात करना शुरू कर दिया। दिनदहाड़े महिला की चेन लूटकर भागे थेघटना के अनुसार- माही सरोवर नगर निवासी देवबाला अपनी बहू आरती के साथ स्कूटी से घर जा रही थीं। इसी दौरान जैन मंदिर के सामने पीछे से पावर बाइक पर आए दो नकाबपोश बदमाशों ने झपट्टा मारकर महिला के गले से करीब ढाई तोला वजनी सोने की चेन लूट ली और तेजी से फरार हो गए। चोरी की बाइक पर फर्जी नंबर प्लेट लगाकर करते वारदातपूछताछ में आरोपी संजय और उसके साथी पप्पू उर्फ भूपेंद्र ने उदयपुर के सविना क्षेत्र से चोरी की गई पल्सर बाइक का इस्तेमाल किया था। फर्जी नंबर प्लेट बदलकर लगाई थी। हालांकि कोतवाली पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज और सूचना के आधार पर संजय निवासी बिछीवाड़ा, डूंगरपुर को चिन्हित किया। आरोपी को 24 फरवरी को बिछीवाड़ा पुलिस ने डकैती की योजना बनाते हुए अन्य साथियों के साथ गिरफ्तार किया था। कोतवाली पुलिस ने उसे डूंगरपुर जेल से प्रोडक्शन वारंट पर गिरफ्तार किया था। पुलिस बोली- दोनों पेशेवर बदमाशपुलिस ने बताया कि संजय के खिलाफ डकैती, मारपीट और शराब तस्करी के 7 मामले दर्ज हैं। वहीं फरार आरोपी पप्पू उर्फ भूपेंद्र के खिलाफ लूट और चोरी के करीब 19 प्रकरण दर्ज हैं। पुलिस अब फरार आरोपी पप्पू की तलाश में विभिन्न ठिकानों पर दबिश दे रही है। रिमांड अवधि पूरी होने के बाद गिरफ्तार आरोपी संजय को कोर्ट के आदेश पर जेल भेज दिया गया।
राजस्थान के नागौर जिले के भगवान वेंकटेश मंदिर में हुई बड़ी चोरी का खुलासा करते हुए पुलिस ने कटनी से दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने महज 17 दिनों के भीतर वारदात को सुलझाते हुए चोरी की गई 20 किलो चांदी बरामद कर ली है। पूर्व पुजारी निकला चोरी का मास्टरमाइंड जांच में सामने आया कि आरोपी हर्ष कुमार द्विवेदी पहले इसी मंदिर में पुजारी था। विवाद के बाद मंदिर छोड़कर कटनी आए हर्ष ने अपने साथी राहुल रजक के साथ मिलकर चोरी की योजना बनाई। दोनों ट्रेन से नागौर पहुंचे और 16 फरवरी की रात मंदिर के पिछले दरवाजे से घुसकर वारदात को अंजाम दिया। पुलिस को छकाने घर छोड़े मोबाइल आरोपियों ने लोकेशन ट्रेस होने से बचने के लिए अपने मोबाइल फोन घर पर ही छोड़ दिए थे। फरारी के दौरान वे मुंबई, पुणे और ओडिशा में छिपते रहे। पुलिस ने आरोपियों को ट्रैक करने के लिए 1500 सीसीटीवी फुटेज खंगाले और करीब 9000 किलोमीटर का सफर तय किया। कटनी पुलिस के सहयोग से घर में दी दबिश राजस्थान पुलिस की 9 सदस्यीय टीम ने तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर कटनी पहुंचकर स्थानीय कोतवाली पुलिस के सहयोग से दबिश दी। पुलिस ने जलपा वार्ड निवासी हर्ष कुमार द्विवेदी और पाठक गली निवासी राहुल रजक को उनके घर से गिरफ्तार किया। आरोपियों की निशानदेही पर चोरी के जेवर बरामद कर लिए गए हैं। 17 दिनों तक चला सघन सर्च ऑपरेशन दूरी: पुलिस टीम ने जांच के लिए 9000 किमी की यात्रा की। निगरानी: 50 बस स्टैंड, 15 रेलवे स्टेशन और 3 एयरपोर्ट पर छानबीन की गई। रिकॉर्ड: मुख्य आरोपी हर्ष पर कटनी में पहले से मारपीट का मामला दर्ज है।
दमोह कोतवाली पुलिस ने सोमवार को कार से कुचलने के प्रयास के मामले में आरोपी अमरदीप ठाकुर पर केस दर्ज कर लिया है। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर पोस्ट होने के बाद पुलिस ने यह कार्रवाई की है। पुलिस अधीक्षक श्रुतकीर्ति सोमवंशी ने खुद मामले का संज्ञान लेते हुए तुरंत एक्शन के निर्देश दिए थे। यह घटना शुक्रवार सुबह शिवाजी स्कूल के पास हुई थी। पीड़ित अभिनव चौबे ने बताया कि आरोपी अमरदीप ठाकुर पिछले नौ महीने से उनसे रंजिश रख रहा था और सोशल मीडिया पर जान से मारने की धमकियां दे रहा था। शुक्रवार को आरोपी ने अपनी कार दो बार रिवर्स की और तीसरी बार तेजी से अभिनव की बाइक को टक्कर मारकर उन्हें कुचलने का प्रयास किया। इस हमले में अभिनव गंभीर रूप से घायल हो गए। सीसीटीवी फुटेज से हुआ खुलासा यह पूरी वारदात पास ही लगे एक सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गई थी। रविवार शाम को जब इसका वीडियो सोशल मीडिया पर पोस्ट हुआ, तब पुलिस महकमे में हलचल मची। वीडियो में साफ दिख रहा है कि किस तरह आरोपी ने जानबूझकर गाड़ी से हमला किया। आरोपी की तलाश में जुटी पुलिस कोतवाली टीआई मनीष कुमार ने बताया कि फरियादी की रिपोर्ट और वीडियो के आधार पर आरोपी अमरदीप के खिलाफ केस दर्ज किया गया है। फिलहाल आरोपी फरार है, जिसकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीमें तलाश कर रही हैं।
भोपाल के प्रतिष्ठित मिलन स्वीट्स एंड रेस्टारेंट के संचालक द्वारा पेटपूजा साॅफ्टवेयर के माध्यम से आमदनी छिपाने और टैक्स चोरी करने का काम किया जाता था। इस स्वीट्स संचालक के खिलाफ करोड़ों रुपए की टैक्स चोरी सामने आने की संभावना है। आयकर विभाग के अफसरों ने भारी मात्रा में दस्तावेज जब्त करने के बाद टैक्स चोरी के वैल्यूएशन की कार्यवाही शुरू कर दी है। आयकर विभाग की इन्वेस्टिगेशन विंग ने रविवार रंगपंचमी के मौके पर राजधानी के एमपी नगर जोन वन स्थित मिलन स्वीट्स एंड रेस्टारेंट में सर्वे की कार्यवाही शुरू की थी। इस सर्वे के दौरान आयकर विभाग की टीम ने भारी मात्रा में लेन-देन के दस्तावेज जब्त किए हैं। रेस्टारेंट संचालक द्वारा पेट पूजा साफ्टवेयर का इस्तेमाल अपने कारोबार में लेन-देन के लिए किया जा रहा था। इसी साफ्टवेयर के माध्यम से डेटा डिलीट करने की कार्यवाही की जाती थी और आमदनी छिपाई जाकर इनकम टैक्स को इसकी जानकारी देने में आनाकानी की जा रही थी। आयकर विभाग ने कब्जे में लिया रिकॉर्ड पेट पूजा साॅफ्टवेयर का पूरा डेटा विभाग ने अपने कब्जे में लेने के साथ लेन-देन का पूरा रिकार्ड भी रख लिया है जिसका कम्पाइलेशन किया जा रहा है और दो से तीन दिन में टैक्स चोरी की स्थिति साफ होने की संभावना है। हालांकि, विभाग की टीम ने सर्वे की कार्यवाही रविवार देर रात बंद कर दी थी। इसके चलते सोमवार को मिलन स्वीट्स एंड रेस्टारेंट में रोज की तरह ग्राहकों की आवाजाही और अन्य कार्यवाही चलती रही। देश भर में पेट पूजा साफ्टवेयर निशाने पर बताया जाता है कि पेट पूजा साफ्टवेयर देश भर में आयकर विभाग के निशाने पर है। इस साफ्टवेयर के माध्यम से खाद्य सामग्री की बिक्री करने वालों द्वारा टैक्स चोरी खुलकर की जा रही है। इसी के चलते विभाग के अफसरों की टीम ने देश भर में एक साथ पेट पूजा साफ्टवेयर का उपयोग करने वालों के यहां सर्वे की कार्यवाही की है। डेटा डिलीट हो जाता है साफ्टवेयर में इस साफ्टवेयर में डेटा डिलीट करने की सुविधा है। इसके चलते इसका उपयोग करने वाले प्रतिष्ठान के संचालकों द्वारा रोज होने वाली आमदनी को छिपाने के लिए बेची गई सामग्री से मिलने वाली राशि का पूरा डेटा सामने नहीं लाया जाता है। डेटा डिलीट कर उतना ही डेटा रखा जाता है जिसमें टैक्स देने की स्थिति नहीं बने। इसी के चलते करोड़ों रुपए की टैक्स चोरी हो रही है और मिलन स्वीट्स भी इसी के चलते जांच के दायरे में आया है।
जयपुर में कपड़ा गोदाम में लगी भीषण आग:4 दमकलों की मदद से पाया काबू, लाखों रुपए का माल जलकर हुआ राख
जयपुर के 22 गोदाम में सोमवार रात कपड़े के एक गोदाम में भीषण आग लग गई। फायर बिग्रेड डिपोर्टमेंट ने चार गाड़ियों की मदद से आग पर काबू पाया। भीषण आग से गोदाम में रखा लाखों रुपए का माल जलकर राख हो गया। प्रथमदृष्टया आग शॉर्ट सर्किट से लगना माना जा रहा है। 22-गोदाम फायर स्टेशन के ड्राइवर सत्यनारायण ने बताया- 22 गोदाम में कपड़े के एक गोदाम में रात करीब 8 बजे आग लगी थी। गोदाम की दूसरी मंजिल पर धुंआ उठने के बाद आग की लपटे उठने लगी। आग की भीषण लपटों को उठता देखकर स्थानीय लोगों में दहशत फैल गई। आग की सूचना पर फायर बिग्रेड की चार गाड़ियां मौके पर पहुंची। आग बुझाने के लिए पहले बिजली लाइन को काटा लाइट बंद की गई। जिसके बाद गोदाम के लॉक तोड़कर करीब एक घंटे की मशक्कत कर आग पर काबू पाया गया। शॉर्ट सर्किट से लगी आग से गोदाम में लाखों रुपए का नुकसान हुआ।
रायपुर के भाठागांव क्षेत्र में अवैध प्लाटिंग करने वाले भू-माफियाओं के खिलाफ नगर निगम ने सख्त कार्रवाई करते हुए बुलडोजर चलाया। निगम आयुक्त विश्वदीप के निर्देश पर जोन कमिश्नर हितेंद्र यादव के नेतृत्व में कार्रवाई की गई। जिस अवैध प्लाटिंग पर निगम का बुलडोजर चला है, उसका नाम शंकरा विहार बताया जा रहा है। प्लाटिंग करने वाले आरोपियों का नाम निगम अधिकारियों द्वारा भारत और कौशल बताया जा रहा है। 5 एकड़ से ज्यादा में प्लाटिंग निगम अधिकारियों के अनुसार शंकरा विहार में 5 एकड़ से ज्यादा जमीन पर प्लाटिंग की जाने की शिकायत मिली थी। शिकायत मिलने पर मौके पर जाकर जाचं की और प्लाटिंग इलाके में मुरुम नुमा बनाई गई सड़को को बुलडोजर से काटा गया है। जमीन जिस जमीन पर कार्रवाई हुई वो हल्का नंबर 105/60 के अंतर्गत आती है। इसमें खसरा नंबर 940/1, 940/2, 940/4, 940/8, 940/9, 940/10, 941/1, 941/2, 941/3, 944/1 और 944/2 शामिल हैं। इन जमीनों पर बिना किसी वैधानिक अनुमति के प्लॉटिंग कर सड़कों और अन्य संरचनाओं का निर्माण किया जा रहा था। तहसीलदार से मांगी रिपोर्ट, एफआईआर कराने की तैयारी निगम के अधिकारियों ने बताया, कि भू-माफियाओं पर कार्रवाई करने के लिए तहसीलदार को पत्र लिखकर अधिकृत जानकारी मांगी है। जानकारी मिलने के बाद वैधानिक अनुमति लिए बिना प्लॉटिंग कर सड़कों और अन्य संरचनाओं का निर्माण करने वालों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की जाएगी। अब पढ़े निगम अधिकारियों ने क्या कहा जोन क्रमांक 6 के कमिश्नर हितेंद्र यादव ने बताया, कि भाठागांव इलाके में शंकरा विहार के नाम से अवैध प्लाटिंग किए जाने की शिकायत मिली थी। शिकायत पर जांच की गई और सोमवार को बुलडोजर की कार्रवाई की गई है। मुरुम सड़क को काटा गया है। मामले में जांच की जा रही है।
आजमगढ़ जिले के दौरे पर पहुंचे सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष ओमप्रकाश राजभर ने सपा महासचिव शिवपाल यादव पर जमकर हमला बोला। एक दिन पूर्व जिले के दौरे पर आए सपा महासचिव शिवपाल यादव ने ओमप्रकाश राजभर पर निशाना साधते हुए कहा था कि ओमप्रकाश राजभर का कोई भरोसा नहीं है वह कब किसको क्या कहेंगे। शिवपाल यादव यही नहीं रुके थे। शिवपाल यादव ने ओमप्रकाश राजभर को छोटे लोग बताते हुए कहा था कि छोटे स्तर के लोगों का जवाब देना उचित नहीं है। शिवपाल यादव के इस बयान पर पलटवार करते हुए सरकार के पंचायती राज मंत्री ओमप्रकाश राजभर ने कहा कि छोटा बिच्छू जब डंक मारता है तो ऊंट के मुंह से भी पसीना आ जाता है। समाजवादी पार्टी से हटाने के बाद शिवपाल यादव ने जब प्रगतिशील समाजवादी पार्टी बनाई थी तो उनके साथ क्या हुआ उन्हें इस बात को याद करना चाहिए।ओमप्रकाश राजभर का कहना है की डबल इंजन की सरकार लगातार विकास का काम कर रही है। सपा पर कसा तंज प्रदेश सरकार के मंत्री ओमप्रकाश राजभर ने समाजवादी पार्टी पर निशाना चाहते हुए कहा कि जिस तरह से 2017 में सपा सरकार बनाने की बात कर रही है। तंज कसते हुए उन्होंने कहा, “न नौ मन तेल होगा, न राधा नाचेंगी।उन्होंने यह भी कहा कि जब शिवपाल यादव स्वयं पांच वर्षों तक लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) के मंत्री रहे, तब उन्हें आजमगढ़ की जर्जर सड़कों की याद क्यों नहीं आई। मंत्री ने कहा कि आज का युवा जागरूक हो चुका है। अब वह केवल झंडा उठाने वाला कार्यकर्ता नहीं रहा। बल्कि उसे शिक्षा, रोजगार और सम्मान चाहिए। उन्होंने दावा किया कि बलिया, मऊ, गाजीपुर और आजमगढ़ जैसे जिलों में पिछड़ों और वंचितों की गोलबंदी से राजनीतिक समीकरण बदल रहे हैं। इस अवसर पर बड़ी संख्या में पदाधिकारी और कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
फिरोजाबाद में युवक ने फांसी लगाकर की आत्महत्या:कमरे में फंदे से लटका मिला शव, पुलिस जांच में जुटी
फिरोजाबाद के रामगढ़ थाना क्षेत्र में सोमवार शाम एक युवक ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। संतोष नगर स्थित अपने किराए के मकान में राजू (45) ने यह कदम उठाया। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए जिला अस्पताल भेज दिया है। मृतक की पहचान इंद्रपाल के पुत्र राजू के रूप में हुई है, जो संतोष नगर के पुरुषोत्तम विहार में रहता था। राजू अपनी पत्नी और तीन बेटों के साथ किराए के मकान में रह रहा था। परिजनों के अनुसार, राजू रामलीला कार्यक्रमों में लकड़ी का काम करता था। उसे शराब पीने की लत थी, जिसके कारण वह अक्सर अपनी पत्नी और बच्चों के साथ मारपीट करता था। सोमवार शाम करीब 7 बजे राजू ने घर के अंदर फांसी लगा ली। घटना की जानकारी होने पर परिजनों में चीख-पुकार मच गई और आसपास के लोग भी मौके पर जमा हो गए। थाना रामगढ़ पुलिस ने मौके पर पहुंचकर शव को फंदे से उतारा और आवश्यक कार्रवाई के बाद पोस्टमार्टम के लिए भेजा। पुलिस ने बताया कि प्रथम दृष्टया यह मामला आत्महत्या का प्रतीत होता है, और मामले की जांच जारी है।
मध्य प्रदेश कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी ने 28 नगर अध्यक्षों की सूची जारी की है। एमपी कांग्रेस ने 9 जिलों की 27 विधानसभाओं में मंडलम् अध्यक्ष भी घोषित किए हैं। कांग्रेस के संगठन प्रभारी महामंत्री डॉ. संजय कामले द्वारा जारी इस सूची में भिंड, छतरपुर, सिंगरौली, शहडोल और नर्मदापुरम जिलों के विभिन्न नगरों के लिए पदाधिकारियों के नामों की घोषणा की गई है । मंडलम् अध्यक्षों की लिस्ट सीधे जिलाध्यक्षों को भेजी एमपी कांग्रेस के मीडिया विभाग की ओर से नगर अध्यक्षों की लिस्ट जारी की गई है। लेकिन, मंडलम् अध्यक्षों की लिस्ट मीडिया विभाग की ओर से जारी नहीं की गई है। जिन विधानसभाओं में मंडलम् अध्यक्ष बनाए गए हैं उन जिलों और विधानसभाओं के नामों की सूची जारी की गई है। मंडलम् अध्यक्षों की लिस्ट सीधे जिला अध्यक्ष को भेजी गई है। इस जिले में ये बने नगर अध्यक्ष जिला : भिंड ग्रामीण जिला: छतरपुर जिला:सिंगरौली चितरंगी नगर पंचायत: अरुण कुमार धर द्विवेदी जिला:शहडोल जिला:नर्मदापुरम माखन नगर: रत्नेश बड़गूजर
बिलासपुर कलेक्टर संजय अग्रवाल ने राजस्व विभाग में बड़ा फेरबदल करते हुए दो डिप्टी कलेक्टर, पांच तहसीलदार सहित कुल 16 अधिकारियों का तबादला किया है। कलेक्टर अग्रवाल के बिलासपुर में पदस्थ होने के लगभग 10 माह बाद यह व्यापक प्रशासनिक बदलाव किया गया है। कलेक्टर ने डिप्टी कलेक्टरों और तहसीलदार, नायब तहसीलदारों के तबादले के लिए दो अलग-अलग आदेश जारी किए। इन तबादलों के पीछे प्रशासनिक दक्षता बढ़ाने, कार्य प्रदर्शन और कुछ शिकायतों को मुख्य कारण बताया जा रहा है। शिवकुमार कंवर दूसरी बार बने मस्तूरी के एसडीएम तबादला सूची के अनुसार, डिप्टी कलेक्टर शिवकुमार कंवर को दूसरी बार मस्तूरी का एसडीएम बनाया गया है। इससे पहले उन्हें चार महीने पूर्व बिलासपुर से हटाकर तखतपुर एसडीएम पदस्थ किया गया था। वहीं, मस्तूरी के एसडीएम रहे संयुक्त कलेक्टर पैकरा को जिला मुख्यालय में पदस्थ किया गया है। तहसीलदारों की सूची में गरिमा ठाकुर को अतिरिक्त तहसीलदार बिलासपुर से सीपत, सीपत तहसीलदार सोनू अग्रवाल को रतनपुर स्थानांतरित किया गया है। बोदरी के तहसीलदार संदीप कुमार साय को मस्तूरी, रतनपुर तहसीलदार शिल्पा भगत को बोदरी और मस्तूरी तहसीलदार जयंती देवांगन को तहसीलदार नजूल के पद पर पदस्थ किया गया है। नायब तहसीलदारों में बेलगहना के समर्थ थवाइत को बेलतरा, गनियारी उप तहसील की श्रद्धा सिंह को नायब तहसीलदार पचपेड़ी, बेलतरा के राहुल साहू को बेलगहना और बेलतरा के टोपलाल सिदार को सकर्रा उप तहसील का नायब तहसीलदार बनाया गया है। इसके अतिरिक्त, बोदरी के ओमप्रकाश चंद्रवंशी को गनियारी, पचपेड़ी की विनीता शर्मा को बिलासपुर, सकर्रा के सहोरिक को बेलतरा का नायब तहसीलदार बनाया गया है। स्थानांतरण पर आए अंकित सिंह राजपूत को जनगणना कार्य में संलग्न किया गया है। अधीक्षक भू-अभिलेख बिलासपुर पंकज सिंह को सहायक प्रोटोकॉल अधिकारी का अतिरिक्त प्रभार सौंपा गया है। देखिए ट्रांसफर लिस्ट
अशोकनगर जिले के करीला में तीन दिवसीय रंग पंचमी मेले के बाद सोमवार को दान राशि की गणना पूरी हो गई है। इस साल दान पेटियों से कुल 20 लाख 760 रुपए नकद और 40 हजार रुपए का एक चेक मिला है, जो बीते तीन सालों में सबसे कम है। इसके अलावा भक्तों ने माता जानकी को विदेशी मुद्राएं और अपनी अनोखी मन्नतें लिखीं 'अर्जियां' भी चढ़ाई हैं, जिनमें सरकारी नौकरी, जज बनने और मनपसंद शादी कराने की गुहार लगाई गई है। दान राशि की गिनती के लिए 80 पटवारी, 80 चौकीदार और नायब तहसीलदार रैंक के चार अधिकारी तैनात किए गए थे। सोमवार को गिनती का कार्य सुबह 10 बजे से शुरू होकर देर शाम तक चला। वहीं, प्रसाद के रूप में चढ़ाए गए नारियल एक लाख रुपए में नीलाम किए गए। इस वर्ष दानदाताओं ने पेटियों में नकदी के अलावा विदेशी मुद्रा भी अर्पित की है। इसमें अमेरिका, भूटान, नेपाल और थाईलैंड की करेंसी शामिल है। एक श्रद्धालु ने गुजरात स्थित जूनागढ़ रियासत कालीन चांदी का सिक्का भी दान किया है। मार्च में हो जाए शादी, रेणुका के घरवाले मान जाएं माता जानकी के दरबार में आने वाले श्रद्धालु अपनी मनोकामनाएं कागज पर लिखकर 'अर्ज़ी' के रूप में माता के चरणों में अर्पित करते हैं। प्राप्त पत्रों में बड़ी संख्या उन युवाओं की है जो विवाह या प्रेम संबंध की सफलता के लिए गुहार लगा रहे हैं। एक युवक ने लिखा है कि उसकी और 'रेणुका' की शादी मार्च महीने के भीतर हो जाए और दोनों परिवारों के सदस्य मान जाएं। भाई के लिए मांगा जज का पद नरसिंहपुर जिले की माया ने अपने 'मंगल दोष' को समाप्त करने और एक सरकारी नौकरी वाले वर की कामना की है। कई पत्रों में युवाओं ने 'पुलिस', 'रेलवे', 'सेना' और सीआईएसएफ जैसी सरकारी नौकरियों में चयन होने की प्रार्थना की है। एक व्यक्ति ने अर्जी में स्वयं के 'जज' बनने और अपने भाई की नौकरी लगने की मन्नत मांगी है। कपड़े का धंधा नहीं चल रहा, माता फिर से खड़ा कर दें एक श्रद्धालु ने पत्र में लिखा, “घर में पैसा नहीं टिकता, हमें ऐसी बुद्धि और नौकरी दें कि हमारे सारे काम बन जाएं।” एक व्यापारी ने अपनी अर्जी में लिखा कि उसका कपड़े का धंधा बिल्कुल नहीं चल रहा है, माता उसे फिर से खड़ा करने में मदद करें। कई भक्तों ने माता-पिता के अच्छे स्वास्थ्य, परिवार की रक्षा और खेत की मेढ़ के पुराने जमीनी विवाद सुलझाने की विनती की है। मन्नत पूरी होने पर राई नृत्य और 51 कन्याओं के भोज का वचन भक्तों ने केवल मांगें ही नहीं रखी हैं, बल्कि मन्नत पूरी होने पर विशेष भेंट चढ़ाने का वचन भी दिया है। पत्रों में मन्नत पूरी होने पर 51 कन्याओं को भोज कराने और करीला के प्रसिद्ध 'राई' नृत्य का आयोजन करवाने की बात लिखी गई है। साथ ही मंदिर में घंटा दान करने और सवा लाख या 21000 रुपए की दान राशि भेंट करने जैसी प्रतिज्ञाएं भी की गई हैं। बीते 3 सालों में सबसे कम रहा चढ़ावा और नारियल की नीलामी करीला मंदिर पर रंगपंचमी मेला के दौरान आया यह चढ़ावा बीते तीन वर्षों में सबसे कम है। नारियल की नीलामी बोली भी अपेक्षा से कम रही। आंकड़ों के अनुसार, वर्ष 2022 में नकद 18.48 लाख, 2023 में 16.50 लाख, 2024 में 22.86 लाख और 2025 में 26.11 लाख रुपए नकद मिले थे। वहीं, नारियलों की नीलामी 2022 में 2.50 लाख, 2023 में 1 लाख, 2024 में 1.50 लाख और 2025 में 3.01 लाख रुपए में हुई थी, जबकि इस साल मात्र एक लाख में नीलामी हुई है।
बदायूं के अलापुर नगर पंचायत में ई-निविदा की तिथियां प्रभावित करने के आरोप में चेयरमैन के पति को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी पर अधिशासी अधिकारी के स्कैन हस्ताक्षर लगाकर कूटरचित पत्र जारी करने का आरोप है। यह कार्रवाई करीब ढाई महीने बाद की गई है। यह मामला 24 दिसंबर को अधिशासी अधिकारी त्रिवेंद्र कुमार की तहरीर पर दर्ज किया गया था। तहरीर में आरोप लगाया गया था कि नगर पंचायत अलापुर की चेयरमैन हुमा बी, उनके पति फहीमुद्दीन और लिपिक गार्गी गुप्ता ने मिलकर एक कूटरचित पत्र तैयार किया। आधिकारिक दस्तावेज के रूप में जारी आरोप है कि इस पत्र पर ईओ के स्कैन हस्ताक्षर कंप्यूटर के माध्यम से लगाकर उसे आधिकारिक दस्तावेज के रूप में जारी कर दिया गया। इससे 14वें और 15वें वित्त आयोग के तहत आमंत्रित ई-निविदाओं की प्रक्रिया प्रभावित हुई। ईओ त्रिवेंद्र कुमार के अनुसार, मूल पत्र संख्या और तिथि से अलग एक नया पत्र जारी कर निविदा आमंत्रण की तिथियों में बदलाव दर्शाया गया था, जिससे कार्य प्रक्रिया में बाधा उत्पन्न हुई। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की थी। कर्मचारियों से पूछताछ विवेचना के दौरान अभिलेखों, पत्रावली और संबंधित कर्मचारियों से पूछताछ की गई। करीब ढाई महीने की जांच के बाद पुलिस ने फहीमुद्दीन को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। पुलिस के अनुसार चेयरमैन हुमा बी और लिपिक गार्गी गुप्ता की भूमिका की जांच अभी जारी है। साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
एटा में बस से उतरते दंपति की जेब कटी:विरोध करने पर की मारपीट, एक आरोपी हिरासत में
एटा जिले के कोतवाली नगर क्षेत्र में बस से उतर रहे एक दंपति के साथ जेबकतरों ने मारपीट की। अलीगंज चुंगी पर हुई इस घटना में दंपति घायल हो गए। सूचना मिलते ही पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए एक संदिग्ध को हिरासत में लिया है। यात्री सुभाष और उनकी पत्नी लक्ष्मी किसी रिश्तेदारी से अपने घर अलीगंज वापस जा रहे थे। रोडवेज बस से नीचे उतरते समय जेबकतरों ने उनकी जेब काट ली और उसमें रखे 4,000 रुपये निकाल लिए। जेब कटने का एहसास होने पर दंपति ने विरोध किया। इसके बाद चार से पांच जेबकतरे इकट्ठा हो गए और उन्होंने दंपति पर हमला कर दिया। मारपीट में लक्ष्मी और उनके पति सुभाष दोनों घायल हो गए। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस तत्काल मौके पर पहुंची। पुलिस ने घायलों का मेडिकल परीक्षण करवाया और जेबकतरों की तलाश शुरू कर दी। एक संदिग्ध को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। घायल सुभाष ने बताया कि वह अपनी रिश्तेदारी से लौट रहे थे। बस से उतरते समय एक अज्ञात व्यक्ति ने उनके मोबाइल पर हाथ मारा और जेब से 4,000 रुपये निकाल लिए। जब उनकी पत्नी ने विरोध किया, तो चार-पांच लोग इकट्ठा हो गए और उन दोनों के साथ मारपीट की। मामले पर इंस्पेक्टर क्राइम अजब सिंह ने जानकारी देते हुए बताया कि दंपति अपने घर जा रहे थे, तभी किसी अज्ञात व्यक्ति ने इस वारदात को अंजाम दिया। मारपीट में उन्हें चोटें आई हैं। पीड़ित की लिखित शिकायत के आधार पर एफआईआर दर्ज कर ली गई है और एक व्यक्ति को गिरफ्तार किया गया है। कानूनी कार्यवाही जारी है।
मध्य प्रदेश विधानसभा के नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार सोमवार शाम कटनी के बड़वारा पहुंचे। यहां कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने उनका स्वागत किया, लेकिन इसी दौरान एक दिव्यांग व्यक्ति ने प्रशासन और सत्ताधारी दल के दबाव की गंभीर शिकायत करते हुए उनसे न्याय की गुहार लगाई। बड़वारा निवासी दिव्यांग परमेश्वरदीन नामदेव ने नेता प्रतिपक्ष को बताया कि बड़वाराकलां में उनकी पुश्तैनी जमीन है। पीड़ित का आरोप है कि जब भी वे अपनी जमीन पर मकान बनाना शुरू करते हैं, तो पुलिस और राजस्व विभाग की टीम बिना किसी लिखित आदेश के काम रुकवा देती है। परमेश्वरदीन ने स्थानीय विधायक धीरेंद्र बहादुर सिंह और उनके साथियों पर आरोप लगाया कि वे उनकी कीमती जमीन पर कब्जा करना चाहते हैं और जमीन न बेचने पर उन्हें झूठे मुकदमों में फंसाने की धमकी दी जा रही है। सिंघार ने कलेक्टर से की बात दिव्यांग की आपबीती सुनने के बाद उमंग सिंघार ने तुरंत कटनी कलेक्टर आशीष तिवारी को फोन लगाया और अपनी नाराजगी जाहिर की। उन्होंने साफ कहा कि सत्ताधारी नेताओं के इशारे पर किसी गरीब और लाचार व्यक्ति को परेशान करना बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। सिंघार ने कलेक्टर से इस मामले का तुरंत और निष्पक्ष निपटारा करने को कहा ताकि पीड़ित को उसका हक मिल सके। कांग्रेस कार्यकर्ताओं को दिए निर्देश नेता प्रतिपक्ष ने कांग्रेस कार्यकर्ताओं को भी निर्देश दिए कि वे इस मामले पर नजर रखें। उन्होंने स्पष्ट किया कि अगर दिव्यांग पीड़ित को न्याय नहीं मिलता है, तो कांग्रेस इस मुद्दे पर चुप नहीं बैठेगी और कड़ा विरोध दर्ज कराएगी।
योगी सरकार की 'जीरो टॉलरेंस' नीति के तहत भ्रष्टाचार निवारण संगठन (एंटी करप्शन टीम) बरेली ने सोमवार को बड़ी कामयाबी हासिल की है। टीम ने तहसील सदर के एक राजस्व लेखपाल को 10,000 रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार किया है। आरोपी लेखपाल एक महिला के हैसियत प्रमाण पत्र पर रिपोर्ट लगाने के एवज में रिश्वत की मांग कर रहा था। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ कोतवाली थाने में भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया है। रोजगार कार्यालय के गेट पर हुई घेराबंदी भ्रष्टाचार निवारण संगठन (ACO) की टीम को सूचना मिली थी कि तहसील सदर में तैनात लेखपाल महेश कुमार रिश्वत की मांग कर रहा है। ट्रैप टीम के प्रभारी निरीक्षक जितेन्द्र सिंह ने अपनी टीम के साथ योजनाबद्ध तरीके से घेराबंदी की। शाम करीब 5:31 बजे, जैसे ही लेखपाल महेश कुमार ने रोजगार कार्यालय बरेली के मुख्य द्वार पर बनी लॉबी के पास शिकायतकर्ता से 10,000 रुपये लिए, पहले से घात लगाकर बैठी टीम ने उसे दबोच लिया। रंगे हाथ पकड़े जाने पर लेखपाल के पास बचने का कोई रास्ता नहीं बचा। हैसियत प्रमाण पत्र के लिए अटकाया काम सुभाष नगर निवासी शिकायतकर्ता भारतेन्द्र सिंह सोनकर ने अपनी पत्नी का हैसियत प्रमाण पत्र बनवाने के लिए आवेदन किया था। इस पर रिपोर्ट लगाने की जिम्मेदारी लेखपाल महेश कुमार की थी। आरोप है कि रिपोर्ट लगाने के बदले लेखपाल लगातार रुपयों की मांग कर रहा था। परेशान होकर भारतेन्द्र सिंह ने इसकी शिकायत भ्रष्टाचार निवारण संगठन से की। विभाग ने शिकायत का सत्यापन करने के बाद तत्काल ट्रैप टीम का गठन किया और आरोपी को सलाखों के पीछे पहुंचा दिया। बांदा का रहने वाला है लेखपाल गिरफ्तार लेखपाल महेश कुमार मूल रूप से जनपद बांदा के ग्राम बसहरी का निवासी है। वर्तमान में वह बरेली के सिविल लाइंस इलाके में गली नंबर 66 में किराए के मकान में रह रहा था। वह बरेली तहसील सदर में राजस्व लेखपाल के पद पर कार्यरत है।
उज्जैन नगर निगम सम्मेलन में 7 प्रस्ताव पास:महाकाल लोक परिसर में बने नए सेतु का नाम 'अशोक सेतु' होगा
उज्जैन नगर निगम के विशेष सम्मेलन में सोमवार को 7 महत्वपूर्ण प्रस्तावों को सर्वसम्मति से मंजूरी दी गई। निगम अध्यक्ष कलावती यादव की अध्यक्षता में हुए इस सम्मेलन में महाकाल लोक परिसर में बने नए सेतु का नाम 'अशोक सेतु' रखने का निर्णय लिया गया। इस विशेष सम्मेलन में महापौर मुकेश टटवाल, निगम आयुक्त अभिलाष मिश्रा और नगर निगम के पार्षद रहे। बैठक में कार्यसूची के विभिन्न प्रस्तावों पर विस्तार से चर्चा के बाद सभी 7 प्रस्तावों को स्वीकृति मिली। सम्मेलन में श्री महाकाल लोक परिसर में नवनिर्मित सेतु का नाम 'अशोक सेतु' रखने का प्रस्ताव सर्वसम्मति से पारित हुआ। इसके अतिरिक्त, वी.डी. मार्केट तेलीवाड़ा से ढाबा रोड होते हुए छोटी पुलिया तक सड़क चौड़ीकरण से प्रभावित होने वाले भवनों के मालिकों को मुआवजा देने के प्रस्ताव को भी मंजूरी दी गई। मध्यप्रदेश आउटडोर विज्ञापन मीडिया नियम 2017 के तहत शहर में आउटडोर मीडिया डिवाइस लगाने के लिए अनुज्ञप्ति शुल्क भी सर्वसम्मति से पारित किया गया। मुख्यमंत्री नगरीय क्षेत्र अधोसंरचना निर्माण योजना के तहत आगर रोड वार्ड 3 में सामुदायिक भवन के निर्माण स्थल परिवर्तन और जर्जर भवन को तोड़ने से संबंधित प्रस्ताव को एमआईसी को पुनः भेजने का निर्णय लिया गया। बैठक में मेसर्स सुलभ इंटरनेशनल सोशल सर्विस ऑर्गेनाइजेशन, भोपाल द्वारा सीएसआर गतिविधि के तहत उज्जैन शहर में पांच अत्याधुनिक सार्वजनिक शौचालय कॉम्प्लेक्स के निर्माण के प्रस्ताव को भी मंजूरी मिली। हरिफाटक मार्ग से महाराजवाड़ा स्कूल क्रमांक 2 होते हुए महाकाल पार्किंग तक सड़क चौड़ीकरण से प्रभावित हितग्राहियों को संशोधित मुआवजा देने का प्रस्ताव भी स्वीकृत किया गया।
रतलाम जिले की कनेरी ग्राम पंचायत के सचिव सत्यनारायण सेन को उज्जैन लोकायुक्त की टीम ने सोमवार रात 8 बजे 4500 रुपए की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार किया है। आरोपी सचिव ने जमीन के नामांतरण और नक्शा पास करने के एवज में 5000 रुपए की रिश्वत मांगी थी और सोमवार रात तेजा नगर स्थित अपने घर पर रिश्वत की रकम लेते ही टीम ने उसे पकड़ लिया। लोकायुक्त डीएसपी दिनेशचंद्र पटेल ने बताया कि रतलाम निवासी आवेदक प्रेम जैसवार ने 18 फरवरी को पुलिस अधीक्षक लोकायुक्त उज्जैन के समक्ष इस मामले की शिकायत की थी। आवेदक प्रेम जैसवार ने रतलाम स्थित मां विंध्यवासिनी ड्रीम सिटी कॉलोनी में अपने नाम से दो भूखण्ड खरीदे थे। इनमें से भूखंड क्रमांक बी-41 पर भवन निर्माण की अनुमति और भूखण्ड क्रमांक 96 का ग्राम पंचायत में नामांतरण करने के लिए कनेरी ग्राम पंचायत सचिव सत्यनारायण सेन द्वारा 5 हजार रुपए मांगे गए थे। 23 फरवरी को तस्दीक कर बिछाया जाल लोकायुक्त को शिकायत मिलने के बाद टीम ने 23 फरवरी को इसकी तस्दीक की। शिकायत सही पाए जाने पर उज्जैन लोकायुक्त दल द्वारा आरोपी सचिव को रंगे हाथों पकड़ने के लिए ट्रैप आयोजित किया गया। तेजा नगर स्थित घर पर टेबल पर रखे थे रुपए तय प्लान के मुताबिक, सोमवार रात करीब 8 बजे आवेदक प्रेम जैसवार 4500 रुपए लेकर सचिव सत्यनारायण सेन के रतलाम स्थित तेजा नगर वाले घर पर पहुंचा। आवेदक ने जैसे ही 4500 रुपए सचिव को दिए और सचिव ने रुपए लेकर टेबल पर रखे, उसी दौरान लोकायुक्त की टीम ने दबिश देकर सचिव को रंगे हाथों रिश्वत लेते पकड़ लिया। कार्रवाई में ये अधिकारी और कर्मचारी रहे शामिल उज्जैन लोकायुक्त की इस ट्रैप कार्रवाई में डीएसपी दल दिनेश चंद्र पटेल, निरीक्षक हीना डावर और प्रधान आरक्षक हितेश ललावत शामिल रहे। इन अधिकारियों के साथ ही लोकायुक्त टीम के आरक्षक श्याम शर्मा, संजीव कुमारिया और इसरार ने भी इस पूरी कार्रवाई को अंजाम दिया।
सरकारी जमीन से अंबेडकर प्रतिमा हटाई गई:चंदौसी में ग्रामीणों की शिकायत पर प्रशासन ने की कार्रवाई
संभल जिले के चंदौसी में सरकारी भूमि पर बिना अनुमति स्थापित डॉ. भीमराव अंबेडकर की प्रतिमा को सोमवार को हटा दिया गया। ग्रामीणों की शिकायत के बाद उपजिलाधिकारी (एसडीएम) और क्षेत्राधिकारी (सीओ) ने पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचकर यह कार्रवाई की। यह घटना चंदौसी तहसील के बनियाठेर थाना क्षेत्र के बेरीखेड़ा गांव की है। चार दिन पहले अनुसूचित जाति (एससी) समुदाय के कुछ लोगों ने सरकारी जमीन पर डॉ. भीमराव अंबेडकर की प्रतिमा स्थापित की थी। ग्रामीणों ने प्रशासन को सूचित किया कि प्रतिमा बिना किसी प्रशासनिक अनुमति के लगाई गई थी। सूचना मिलने पर एसडीएम आशुतोष तिवारी, सीओ दीपक तिवारी और बनियाठेर थाना प्रभारी मनोज वर्मा मौके पर पहुंचे। उन्होंने मामले की जांच की और पाया कि प्रतिमा बिना अनुमति स्थापित की गई थी, जो नियमों के विरुद्ध है। एसडीएम ने तत्काल प्रतिमा हटाने के निर्देश दिए। यह कार्रवाई शाम 4 बजे शुरू हुई और लगभग डेढ़ घंटे तक चली। इसके बाद पुलिस ने प्रतिमा को हटवाकर एक वाहन में बनियाठेर थाने पहुंचा दिया। प्रतिमा हटाए जाने के दौरान मौके पर काफी संख्या में महिलाएं भी एकत्र हो गईं। महिलाओं ने उसी स्थान के एक कोने में बने मंदिर का जिक्र करते हुए सवाल उठाया कि क्या मंदिर बनाने के लिए प्रशासन से अनुमति ली गई थी। उन्होंने यह भी कहा कि वह जगह बच्चों के खेलने की है। इस दौरान तहसीलदार रवि सोनकर और हल्का लेखपाल संजीव कुमार सहित अन्य पुलिस व प्रशासनिक अधिकारी मौजूद रहे। एसडीएम आशुतोष तिवारी ने बताया कि प्रशासन की अनुमति के बिना किसी भी प्रकार की नई परंपरा को शुरू नहीं होने दिया जाएगा। उन्होंने स्पष्ट किया कि सरकारी खाद के गड्ढे की जमीन पर प्रतिमा स्थापित करना नियमसम्मत नहीं है। एसडीएम ने यह भी बताया कि गांव के कुछ लोगों द्वारा लिखित में शिकायत की गई थी, जिसका संज्ञान लेते हुए यह कार्रवाई की गई। तहसील प्रशासन ने मौके पर पहुंचकर स्थिति को नियंत्रित किया और मामले को शांत कराया।
गाजीपुर में 14 और 15 मार्च 2026 को होने वाली उत्तर प्रदेश पुलिस उपनिरीक्षक (नागरिक पुलिस) एवं समकक्ष पदों की सीधी भर्ती 2025 की लिखित परीक्षा की तैयारियों को लेकर प्रशासन सक्रिय हो गया है। परीक्षा को शांतिपूर्ण, निष्पक्ष और सुरक्षित ढंग से संपन्न कराने के उद्देश्य से सोमवार शाम पुलिस लाइन सभागार में एक समीक्षा बैठक आयोजित की गई। इसकी अध्यक्षता जिलाधिकारी अविनाश कुमार और पुलिस अधीक्षक डॉ. ईरज राजा ने की। बैठक के दौरान जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक ने परीक्षा ड्यूटी में लगे सभी अधिकारियों और कर्मचारियों को विस्तृत निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सभी परीक्षा केंद्रों पर पर्याप्त पुलिस बल तैनात किया जाए और किसी भी प्रकार की गड़बड़ी, नकल या अवैध गतिविधि को रोकने के लिए सख्त निगरानी रखी जाए। अधिकारियों ने परीक्षा के दौरान कानून-व्यवस्था को प्रभावित करने वाले असामाजिक तत्वों के खिलाफ कठोर कार्रवाई करने के भी निर्देश दिए। समीक्षा बैठक में अपर पुलिस अधीक्षक नगर, अपर जिलाधिकारी, क्षेत्राधिकारी जमानिया, सैदपुर, भुड़कुडा सहित जनपद के अन्य अधिकारी और कर्मचारी उपस्थित रहे। सभी ने परीक्षा को सुचारु और पारदर्शी तरीके से संपन्न कराने के लिए आपसी समन्वय पर जोर दिया।
शामली जनपद में एक छात्रा और उसकी मां के साथ मारपीट का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। यह घटना सदर कोतवाली क्षेत्र के आर्यपुरी में होली के दिन शाम को हुई थी।वायरल वीडियो में कुछ युवक धारदार हथियार लेकर घर में घुसते हुए दिखाई दे रहे हैं। जब छात्रा और उसकी मां ने इसका विरोध किया, तो उनके साथ छेड़छाड़ की गई और बेरहमी से पिटाई की गई। वीडियो में स्पष्ट रूप से देखा जा सकता है कि हमलावर लाठी-डंडों और बेल्टों से मां-बेटी को पीट रहे हैं। यह घटना दिनदहाड़े हुई थी। पुलिस ने इस मामले में एक आरोपी का शांति भंग की धाराओं में चालान किया है। हालांकि, पीड़ितों ने आज पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुंचकर अन्य आरोपियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग की है। मामला शामली जनपद के सदर कोतवाली क्षेत्र की आर्यपुरी कॉलोनी का है। आरोप है कि 4 मार्च को होली के पर्व के बाद करीब दोपहर 3 बजे पीड़िता के भाई राज और पड़ोसी का लड़का अभिषेक पुत्र मनोज नाले की पटरी से होते हुए घर आ रहे थे। जैसे ही वे नाले की पटरी स्थित गली नंबर 2 के पास पहुंचे, तभी करीब पांच युवक हाथों में लाठी-डंडे और तेजधार हथियार लेकर उनके पीछे दौड़ पड़े और स्कूटी पर हमला कर दिया। दोनों किसी तरह जान बचाकर भागते हुए घर में घुस गए। इसके बाद आरोपी युवक अपने अन्य साथियों के साथ धारदार हथियार लेकर वहां पहुंचे और मारपीट करते हुए दरवाजा तोड़ने का प्रयास करने लगे। इसी दौरान अभिषेक को खींचकर जान से मारने की नीयत से लाठी-डंडों और तेजधार हथियारों से मारपीट की गई। बीच-बचाव करने आए दीपक और अनीता शर्मा के साथ भी मारपीट की गई। पीड़िता पायल ने बताया कि जब उसने और उसकी मां ने भाइयों के साथ हुई घटना का विरोध किया तो आरोपियों ने उनके साथ छेड़छाड़ करते हुए गाली-गलौज की और मारपीट भी की। आरोपियों में करन पुत्र सतपाल, विनोद पुत्र सतपाल, विशाल पुत्र बबलू, सूरज उर्फ कल्लू पुत्र ओमी निवासी आर्यपुरी तथा कुछ अज्ञात लोग शामिल बताए गए हैं। पीड़ितों ने नामजद तहरीर देकर कानूनी कार्रवाई की मांग की थी। वहीं, पीड़िता के साथ मारपीट का वीडियो वायरल होने और तरह-तरह की चर्चाएं होने के बाद छात्रा ने अपने परिजनों के साथ एसपी कार्यालय पहुंचकर शिकायती पत्र देकर कार्रवाई की मांग की है।
गृह रक्षा प्रशिक्षण केन्द्र उदयपुर में वर्ष 2022 के अभ्यर्थियों की नामांकन प्रक्रिया 29 मार्च से 31 मार्च 2026 तक चेतक सर्कल स्थित गांधी ग्राउंड में आयोजित की जाएगी। गृह रक्षा प्रशिक्षण केन्द्र उदयपुर के कमाडेंट प्रणय जसोरिया ने बताया कि नामांकन प्रक्रिया निदेशालय, गृह रक्षा राजस्थान जयपुर द्वारा गठित चयन समिति (बोर्ड) के सदस्यों की उपस्थिति में संपन्न होगी। तीन दिनों तक चलने वाली इस नामांकन प्रक्रिया में केन्द्र के 350 रिक्त पदों के विरुद्ध कुल 7711 अभ्यर्थी भाग लेंगे। अभ्यर्थियों को प्रक्रिया की सूचना मोबाइल पर एसएमएस और ई-मेल के माध्यम से भेजी जाएगी। अभ्यर्थी दिए गए लिंक या विभागीय वेबसाइट पर जाकर अपना प्रवेश पत्र डाउनलोड कर सकेंगे। गृह रक्षा स्वयंसेवकों की नामांकन प्रक्रिया लगभग तीन सप्ताह तक चलने की संभावना है। इसके लिए विभिन्न जिलों के अभ्यर्थियों को अलग-अलग तिथियों और समय पर उपस्थित होने के लिए बुलाया जाएगा। अभ्यर्थियों को निर्धारित तिथि, समय और स्थान पर मूल निवास, आयु, शैक्षणिक योग्यता, विशेष योग्यता, जाति, चिकित्सा, विवाह और पुलिस सत्यापन प्रमाण-पत्र सहित सभी आवश्यक दस्तावेज लेकर उपस्थित होना होगा। नामांकन स्थल पर प्रवेश के बाद किसी भी अभ्यर्थी को ग्राउंड से बाहर जाकर दस्तावेज लाने की अनुमति नहीं होगी। इस संबंध में अधिक जानकारी के लिए अभ्यर्थी कार्यालय के दूरभाष नंबर 0294-2940209 पर संपर्क कर सकते हैं। उदयपुर की अन्य खबरें नीचे ब्लॉग में पढ़े…
डीओआईटी-सी (सूचना प्रौद्योगिकी और संचार विभाग) कथित घोटाला मामले में लंबे समय से जांच पेडिंग रखने पर आज हाईकोर्ट ने नाराजगी जताई। अदालत ने कहा कि हम भ्रष्टाचार बर्दाश्त नहीं करेंगे। कोर्ट ने एसीबी को इन घोटालों से संबंधित 23 टैंडरों के प्रोसेस में शामिल अधिकारियों के नाम तीन दिन में सीलबंद लिफाफे में पेश करने के निर्देश दिए। जस्टिस अशोक कुमार जैन की अदालत ने यह निर्देश टीएन शर्मा की याचिका पर सुनवाई करते हुए दिए। एसीबी अपराधियों के बचा रहीअधिवक्ता पूनमचंद भंडारी ने कोर्ट को बताया कि शिकायतकर्ता के बार-बार घोटाले से संबंधित दस्तावेज एसीबी को उपलब्ध करवाने के बाद भी एसीबी मामले में जांच नहीं कर रही हैं। उन्होने एसीबी पर अपराधियों को बचाने का आरोप लगाया। उन्होने कहा कि कोर्ट के 6 सितंबर 2024 के आदेश से सरकार ने 6 ऑडिट ऑफिसर भी एसीबी को उपलब्ध करवा दिए। लेकिन उसके बाद भी एसीबी की जांच में कोई खास प्रगति देखने को नहीं मिली। वहीं एसीबी की ओर से एएजी भुवनेश शर्मा ने मामले में प्रोग्रेस रिपोर्ट पेश करने के लिए कोर्ट से समय मांगा। अधिकारियों पर मिलीभगत करने का आरोपइस मामले में शिकायतकर्ता टीएन शर्मा ने आरटीआई से प्राप्त दस्तावेज के आधार पर डीओआईटी-सी के अधिकारियों पर ठेकेदारों और संबंधित फर्म से मिलीभगत करके करोड़ों रुपए का फर्जीवाड़ा करने का आरोप लगाया था। उनका कहना है कि अधिकारियों ने करीब 23 टैंडर प्रोसेस में गड़बड़ी करके चहेती फर्मों को टैंडर दिलवाए। वहीं इसकी एवज में इन अधिकारियों के रिश्तेदारों के खातों में करोड़ों रुपए कमिश्न के तौर पर जमा हुए। इसके दस्तावेज भी एसीबी को उपलब्ध करवाए गए हैं। लेकिन एसीबी ने जांच के नाम पर केवल एक अधिकारी के खिलाफ मामला दर्ज किया, जिसमें भी आज तक कोई गिरफ्तारी नहीं हुई हैं।
धनबाद में रंगदारी को लेकर हुई मारपीट के मुख्य आरोपी रोशन सिंह को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने सोमवार शाम उसकी सरेआम परेड कराई। यह घटना 27 फरवरी को बरटांड़ स्थित पांडे मीट हाउस में हुई थी। इस दौरान दुकान संचालक मंगल सिंह से रंगदारी मांगी गई और मारपीट की गई, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गए। उन्हें इलाज के लिए एसएनएमएमसीएच में भर्ती कराया गया था। मारपीट की पूरी घटना सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गई थी। कुल पांच लोगों को आरोपी बनाया पीड़ित दुकानदार मंगल सिंह के बयान पर धनबाद थाना में शिकायत दर्ज कराई गई थी। पुलिस ने मामले की जांच शुरू की और कुल पांच लोगों को आरोपी बनाया। इनमें से एक आरोपी को पहले ही जेल भेजा जा चुका है। पुलिस मुख्य आरोपी रोशन सिंह की तलाश में लगातार छापेमारी कर रही थी। आखिरकार रोशन सिंह पुलिस की गिरफ्त में आ गया। गिरफ्तारी के बाद सोमवार शाम पुलिस ने उसकी सरेआम परेड कराई। उसे सिटी सेंटर से मधुलिका होटल तक पैदल घुमाया गया। धनबाद थाना प्रभारी मनोज कुमार पांडेय ने बताया कि इस कार्रवाई का उद्देश्य अपराधियों को यह संदेश देना है कि कोई भी अपराध करके बच नहीं सकता। उन्होंने यह भी कहा कि मामले में शामिल अन्य आरोपियों की तलाश जारी है और उन्हें जल्द ही गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
जोधपुर शहर में 12 मार्च बन्द रहेगी वाटर सप्लाई:पाइपलाइन की होगी मेंटेनेंस, ये इलाके होंगे प्रभावित
जल भंडारण एवं जोधपुर शहर के फिल्टर प्लांट, पम्प हाउस, पाईपलाईनों के आवश्यक रख रखाव व सफाई के लिये 12 मार्च को जोधपुर शहर के समस्त फिल्टर हाउस से सभी क्षेत्रों मे जलापुर्ति बन्द रहेगी । इसलिए जोधपुर शहर के कायलाना, चौपासनी व सुरपुरा फिल्टर हाउस से संबन्धित सभी क्षेत्रों में 12 मार्च को होने वाली जलापूर्ति 13 मार्च को तथा 13 मार्च को होने वाली जलापूर्ति 14 मार्च को की जावेगी। इन इलाकों में बदलेगा शेड्यूल जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग (पीएचईडी) नगर वृत जोधपुर राजेन्द्र मेहता ने बताया कि झालामण्ड एव तख्त सागर फिल्टर हाउस से जुडे क्षेत्र सरस्वती नगर,एवं कुडी भगतासनी हाउसिंग बोर्ड के विभिन्न सेक्टरों एवं पाल बाईपास, शिल्पग्राम के आस पास क्षेत्रो में 12 मार्च को सुबह 10 बजे तक की जाने वाली जलापूर्ति सामान्य रुप से होगी। इन क्षेत्रों में 13 मार्च को की जाने वाली जलापूर्ति 14 मार्च को एवं 14 मार्च को की जाने वाली जलापूर्ति 15 मार्च को होगी।
संघ शताब्दी वर्ष के निमित्त राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ अयोध्या महानगर में का. सु. साकेत महाविद्यालय , अयोध्या के सभागार में प्रमुख जन गोष्ठी कार्यक्रम हुआ। इसके मुख्य वक्ता राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के क्षेत्र सम्पर्क प्रमुख पूर्वी उत्तर प्रदेश क्षेत्र मनोज रहे। उन्होंने कहा कि एकत्व की भावना ही हिन्दुत्व है। सर्वत्र ईश्वर का दर्शन ही सनातन भारत का दर्शन है। हिन्दू सर्वे भवंतु सुखिन: की कामना करता है, जबकि अन्य देश सिर्फ अपनी ही भलाई चाहते हैं। इसलिए संगठित हिन्दू समाज ही पूरे विश्व को दिशा दे सकता है। उन्होंने संघ शताब्दी वर्ष के विषय में विस्तार पूर्वक बताया और संगठन द्वारा किए जा रहे सभी प्रकार के कार्यों की चर्चा किया और उन्होंने संघ की 100 वर्ष की यात्रा पर विस्तार से प्रकाश डाला। कहा कि किसी भी संगठन के लिए शताब्दी वर्ष महत्वपूर्ण बात है। आज संघ की समाज में स्वीकार्यता बढ़ी है, लेकिन संगठन को सभी लोग निकटता और गहराई से समझें, इसलिए शताब्दी वर्ष में कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि संघ की व्यक्ति निर्माण के माध्यम से राष्ट्र निर्माण की कार्यपद्धति पर आज जर्मनी, रूस सहित 50 देश शोध कर रहे हैं।भारत प्राचीनकाल से ही विश्व का समृद्ध देश रहा है, जो दुनियाभर में ज्ञान के अलावा वस्तुओं का निर्यात करता था। इसका उल्लेख विदेशी लेखकों ने भी किया है। फिर भी हमारे देश को पराधीन होना पड़ा। इसका चिंतन करते हुए डॉ. हेडगेवार निष्कर्ष पर पहुंचे कि समाज के बिखराव के कारण ही आक्रांताओं ने हम पर शासन किया। समाज को संगठित करने के लिए उन्होंने 1925 में संघ की स्थापना की। प्रारंभिक दौर में उपेक्षा और मिथ्या आरोप लगाकर तीन बार प्रतिबंध लगा संगठन की छवि धूमिल करने का कुत्सित प्रयास किया गया। इसके बावजूद संघ मजबूती से आगे बढ़ा। धर्म रिलीजन नहीं, यह कर्तव्य हैउन्होंने कहा कि धर्म रिलीजन नहीं, यह कर्तव्य है। इसलिए लोगों को माता-पिता सहित समाज और राष्ट्र के प्रति भी अपने कर्तव्य का निर्वहन ईमानदारी से करना चाहिए। समाज से संगठित होकर देशहित में कार्य करने का आह्वान किया। इस अवसर पर मुख्य अतिथि डा. मंजूषा पांडेय, अयोध्या महानगर सह संघचालक डा. अजय मोहन, साकेत महाविद्यालय प्राचार्य डॉ. दानपति तिवारी, गोविंद आश्रम महंत वीरेंद्र दास मंचस्थ रहे।इस अवसर पर अयोध्या महानगर प्रचारक सुदीप, सायं प्रचारक आकाश, महानगर कार्यवाह देवेन्द्र, महानगर सह कार्यवाह राहुल सिंह, प्रांत संपर्क प्रमुख डा. शिव कुमार तिवारी, महानगर संपर्क प्रमुख डा. आलोक सिंह , सह संपर्क प्रमुख रवि दास, कुटुंब प्रबोधन सह संयोजक पवन पांडेय, प्रधानाचार्य अवनी कुमार शुक्ला, विद्या भारती से सेवा. राज कुमार सिंह, बालेन्दु भूषण सिंह, राजीव मणि पाठक, डा. अनिल सिंह, एडवोकेट के. एन. सिंह, रोहित पांडेय, प्रो. अजय कुमार सिंह, डा. प्रणव, दुर्गा प्रसाद तिवारी, अशोक सिंह नगर संघ चालक डा . संजीव थापर, सुमधुर, समाजसेवी अवधेश वर्मा, डा. आर के सिंह, अवधेश मिश्रा, राम लला नगर कार्यवाह अभय पांडेय, महंत राम मिलन दास, महंत संजीव दास सहित सैकड़ों प्रमुख जन उपस्थित रहें ।
चंडीगढ़ साइबर सेल पुलिस ऑनलाइन निवेश ठगी के मामले में एक और आरोपी को गिरफ्तार किया है। इस कार्रवाई के साथ ही इस मामले में अब तक कुल चार आरोपियों की गिरफ्तारी हो चुकी है।आरोपियों को साइबर सेल के इंचार्ज इंस्पेक्टर दविंदर की अगुआई में गिरफतार किया गया है। पुलिस के अनुसार गिरफ्तार आरोपी की पहचान आदित्य जैन (26) निवासी जयपुर, राजस्थान के रूप में हुई है। उसके खिलाफ पहले से ही लुक आउट सर्कुलर जारी किया गया था। आरोपी को 7 मार्च 2026 को इस मामले में औपचारिक रूप से गिरफ्तार किया गया और अदालत से दो दिन का पुलिस रिमांड लिया गया है। निवेश के नाम पर ठगे पैसे यह मामला 17 फरवरी 2024 को दर्ज एफआईआर के तहत सामने आया था। शिकायतकर्ता सचिन अग्रवाल ने पुलिस को बताया था कि उन्हें फेसबुक पर शेयर बाजार में निवेश से जुड़े विज्ञापन दिखाई दिए। इसके बाद उन्हें टेलीग्राम ग्रुप में जोड़ा गया, जहां कुछ लोगों ने उन्हें एक मोबाइल ऐप के जरिए शेयर बाजार में निवेश करने के लिए प्रेरित किया। आरोपियों ने उन्हें रोजाना ट्रेडिंग टिप्स, ऑनलाइन सेशन और “स्पिन एंड विन” जैसे ऑफर दिखाकर भरोसा दिलाया। साथ ही एक ऐप के जरिए डिमैट अकाउंट खुलवाने के लिए कहा। ऐप में फर्जी मुनाफा दिखाकर भरोसा बढ़ाया गया, जबकि असल में कोई ट्रेडिंग नहीं हो रही थी। पुलिस के मुताबिक आरोपियों ने ज्यादा मुनाफे का लालच देकर शिकायतकर्ता से अलग-अलग बैंक खातों में करीब 27 लाख रुपये ट्रांसफर करवा लिए। जांच में सामने आया कि जिन बैंक खातों में पैसे भेजे गए, वे फर्जी तरीके से खोले गए थे और एक संगठित साइबर ठगी गिरोह के जरिए चलाए जा रहे थे। जयपुर से 3 आरोपी गिरफ्तार इससे पहले पुलिस ने जयपुर में छापेमारी कर तीन आरोपियों मंजीत बुरी, आशीष सक्सेना और हिमांशु गौतम को गिरफ्तार किया था। पूछताछ में उन्होंने बताया कि वे मुख्य आरोपी आदित्य जैन के निर्देश पर काम कर रहे थे और वही ठगी के लिए बैंक खाते उपलब्ध करवाता था। जांच में यह भी सामने आया कि वारदात के बाद आदित्य जैन गिरफ्तारी से बचने के लिए दुबई भाग गया था। बाद में उसे एक अन्य मामले में राजस्थान पुलिस ने इंटरपोल की मदद से गिरफ्तार किया। इसके बाद प्रोडक्शन वारंट लेकर चंडीगढ़ पुलिस ने उसे इस मामले में गिरफ्तार किया। पुलिस जांच में यह भी पता चला है कि आरोपियों से बरामद मोबाइल नंबर देश के अलग-अलग राज्यों में दर्ज 350 से अधिक साइबर ठगी की शिकायतों और 13 एफआईआर से जुड़े हुए हैं। पुलिस अब इस नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की तलाश कर रही है।
कानपुर में प्रदेश के विभिन्न जनपदों में लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) से संबंधित सड़कों और सेतुओं के निर्माण कार्यों की कार्ययोजना को अंतिम रूप देने के लिए सोमवार को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने की, जिसमें जिलों के अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों ने भाग लिया। कलेक्ट्रेट में आयोजित इस बैठक में घाटमपुर विधानसभा क्षेत्र की विधायक सरोज कुरील, जिलाधिकारी जितेंद्र प्रताप सिंह, मुख्य विकास अधिकारी सहित लोक निर्माण विभाग के अधिकारी और अन्य जनप्रतिनिधि मौजूद रहे। बैठक के दौरान जिले में चल रहे विकास कार्यों और प्रस्तावित सड़क एवं पुल निर्माण परियोजनाओं पर विस्तृत चर्चा की गई। जिलाधिकारी जितेंद्र प्रताप सिंह ने संबंधित अधिकारियों से जिले में संचालित निर्माण कार्यों की प्रगति की जानकारी ली और निर्देश दिए कि लोक निर्माण विभाग द्वारा कराए जा रहे सभी सड़कों और सेतुओं के निर्माण कार्य निर्धारित मानकों और पूर्ण गुणवत्ता के साथ समयबद्ध तरीके से पूरे कराए जाएं। बैठक में जनप्रतिनिधियों ने भी अपने-अपने क्षेत्रों से जुड़ी सड़कों और पुलों की समस्याओं व आवश्यकताओं को रखते हुए शीघ्र समाधान की मांग की। वहीं अधिकारियों ने बताया कि विकास कार्यों को गति देने के लिए कार्ययोजनाओं को अंतिम रूप दिया जा रहा है, जिससे आने वाले समय में जिले में सड़क और पुलों के निर्माण कार्य तेज़ी से कराए जा सकें।
जशपुर जिले के नारायणपुर थाना क्षेत्र के ग्राम कालिया में सोमवार को तालाब में डूबने से दो बच्चों की मौत हो गई। मृतकों में एक भाई और उसकी बहन शामिल हैं। इस घटना से गांव में गम का माहौल है। जानकारी के अनुसार, ग्राम कालिया निवासी जितेंद्र दास की 11 वर्षीय पुत्री योगिता दास और 9 वर्षीय पुत्र विष्णु दास सोमवार सुबह अपनी मां के साथ महुआ बीनने जंगल गए थे। दोपहर में घर लौटने के बाद, लगभग 3:30 बजे, दोनों भाई-बहन गांव के कालिया तालाब में नहाने चले गए। बताया गया है कि सबसे पहले छोटा भाई विष्णु दास तालाब में नहाने उतरा। इसी दौरान वह गहरे पानी में चला गया और डूबने लगा। भाई को डूबता देख उसकी बड़ी बहन योगिता दास उसे बचाने के लिए तुरंत पानी में कूद गई। हालांकि, तैरना ठीक से नहीं आने के कारण वह भी गहरे पानी में चली गई और दोनों की डूबने से मौत हो गई। तालाब में डूबे बच्चों के शव बरामद कुछ देर बाद आसपास मौजूद ग्रामीणों को घटना की जानकारी मिली। ग्रामीणों ने तत्काल नारायणपुर थाना पुलिस को सूचित किया। सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची और स्थानीय गोताखोरों की मदद से तालाब में बच्चों की तलाश शुरू की गई। काफी मशक्कत के बाद दोनों बच्चों के शव तालाब से बाहर निकाले गए। पुलिस ने मौके पर पंचनामा की कार्रवाई पूरी करने के बाद दोनों शवों को पोस्टमार्टम के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र बगीचा भेज दिया। इस घटना के बाद गांव में शोक का माहौल है। परिजनों की स्थिति दुखद है। पुलिस मामले में आगे की वैधानिक कार्रवाई कर रही है।
बिलासपुर में सड़क दुर्घटना पीड़ितों को अब 7 दिनों तक या अधिकतम 1.50 लाख रुपये तक का कैशलेस इलाज मुफ्त मिलेगा। इसके लिए जिले के कुल 37 सरकारी और निजी अस्पतालों को चिन्हित किया गया है। यह सुविधा भारत सरकार की पीएम राहत योजना के तहत प्रदान की जा रही है। योजना का उद्देश्य सड़क दुर्घटना में घायल व्यक्तियों को अस्पताल में भर्ती रहने की अवधि के दौरान अधिकतम सात दिनों तक या डेढ़ लाख रुपये तक का कैशलेस उपचार उपलब्ध कराना है। सड़क दुर्घटना पीड़ितों को मिलेगा तुरंत इलाज मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी, बिलासपुर, डॉ. शुभा गरेवाल ने बताया कि इस योजना का मुख्य उद्देश्य 'गोल्डन ऑवर' के दौरान सड़क दुर्घटना पीड़ितों को तत्काल उपचार उपलब्ध कराकर उनकी जान बचाना है। योजना के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए चिन्हित अस्पतालों को प्रशिक्षण दिया जा चुका है और राज्य स्तर पर भी प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। देखिये 37 सरकारी और प्राइवेट अस्पतालों की पूरी लिस्ट इस योजना में जिले के कुल 37 सरकारी और निजी अस्पताल पंजीकृत किए गए हैं। जहां सड़क दुर्घटना में घायल व्यक्तियों के मुफ्त उपचार की व्यवस्था की गई है। सरकारी अस्पताल सीएचसी तखतपुर, सीएचसी बिल्हा, सीएचसी मस्तूरी, सीएचसी कोटा, सिम्स बिलासपुर और जिला अस्पताल बिलासपुर प्रमुख रूप से शामिल हैं। निजी अस्पतालआरबी इंस्टिट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेस, अंकुर ट्रॉमा केयर नर्सिंग होम, आरोग्य हॉस्पिटल, अर्पा मेडिसिटी हॉस्पिटल एंड रिसर्च इंस्टीट्यूट, बर्न ट्रॉमा रिसर्च सेंटर, केयर एन क्योर मल्टी स्पेशियलिटी हॉस्पिटल, गजानन स्मृति चिकित्सालय, जन स्वास्थ्य सहयोग, खंडूजा ऑर्थोकेयर एक्सीडेंट हॉस्पिटल, लाल चंदानी हॉस्पिटल, एंडोस्कोपी रिसर्च सेंटर, लाइफ केयर हॉस्पिटल, मेडिबोन हॉस्पिटल, मूंदड़ा हॉस्पिटल, न्यू जनता हॉस्पिटल, न्यू वंदना हॉस्पिटल, नोबल हॉस्पिटल, प्रभा हॉस्पिटल एंड ट्रॉमा सेंटर, रामकृष्ण हॉस्पिटल, संजीवनी हॉस्पिटल रिसर्च सेंटर, शिवांगी हॉस्पिटल, श्री मंगला हॉस्पिटल, श्री श्याम मल्टीस्पेशियलिटी हॉस्पिटल, श्रीराम केयर हॉस्पिटल, श्री शाह न्यूरो हॉस्पिटल, साइंसेज रिसर्च सेंटर, सुखम आरोग्यालय, यूनिटी हॉस्पिटल तथा यूनिटी स्माइल ट्रॉमा केयर हॉस्पिटल शामिल हैं।घायलों को पंजीकृत अस्पतालों में तत्काल भर्ती करेंसीएमएचओ डॉ गरेवाल ने आम नागरिकों से अपील की है कि सड़क दुर्घटना की स्थिति में घायल व्यक्ति को नजदीकी पंजीकृत अस्पताल में तत्काल पहुंचाकर योजना का लाभ दिलाने में सहयोग करें, ताकि समय पर उपचार से गंभीर परिणामों से बचा जा सके।
झाबुआ नगर के मुख्य मार्ग पर पिछले तीन महीनों से स्ट्रीट लाइटें बंद हैं। मार्ग के पांच प्रमुख खंभों की लाइटें बंद होने से न केवल व्यापारिक गतिविधियां प्रभावित हो रही हैं, बल्कि त्योहारों के समय भी पूरा इलाका अंधेरे में डूबा हुआ है। जनप्रतिनिधियों से गुहार बेअसर, रहवासियों में आक्रोश स्थानीय निवासी एलसी काग और दुकानदार ऋतिक राठौड़ ने बताया कि समस्या के समाधान के लिए पार्षद से लेकर अध्यक्ष प्रतिनिधि तक को कई बार अवगत कराया गया है। निवासियों का आरोप है कि परिषद के जिम्मेदार अधिकारी फंड और सामग्री की कमी का बहाना बनाकर जिम्मेदारी से पल्ला झाड़ रहे हैं। अंधेरे के कारण क्षेत्र में सुरक्षा को लेकर भी भय व्याप्त है। पूर्णकालिक सीएमओ न होने से बिगड़े हालात परिषद की इस लाचारी का मुख्य कारण तत्कालीन सीएमओ आशा भंडारी के स्थानांतरण के बाद पद का रिक्त होना है। वर्तमान में अपर कलेक्टर आशीष सिंह के पास इसका प्रभार है, लेकिन पूर्णकालिक अधिकारी की अनुपस्थिति के कारण तकनीकी और वित्तीय स्वीकृतियां अटकी हुई हैं। इसके चलते नई सामग्री की खरीदी और मरम्मत कार्य ठप पड़े हैं। स्टॉक खत्म, नई खरीदी के नहीं मिल रहे ऑर्डर नगर परिषद के बिजली प्रभारी राजू चंदेल ने बताया कि कार्यालय में खराब लैंपों का ढेर लगा है, लेकिन नई सामग्री की कमी के कारण सुधार कार्य संभव नहीं है। बिना रिपेयरिंग किट और नए सामान के तकनीकी अमला लाचार है। परिषद में सामग्री की भारी कमी बनी हुई है। जल्द सुधार का आश्वासन दिया अध्यक्ष प्रतिनिधि योगेश गामड़ ने स्वीकार किया कि सीएमओ के तबादले के बाद तकनीकी अड़चनें आई हैं। उन्होंने आश्वासन दिया है कि जल्द ही आवश्यक सामग्री उपलब्ध कराकर मुख्य मार्ग की लाइटों को दुरुस्त कर दिया जाएगा।
उदयपुर की सायरा थाना पुलिस ने तीसरे दिन ब्लाइंड मर्डर का खुलासा करते हुए पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है। महिला से छेड़छाड़ के विवाद को लेकर आरोपियों ने एक युवक की पीट-पीटकर हत्या कर दी थी। शव को करीब 7-8 किलोमीटर दूर नाले के पास फेंककर फरार हो गए थे। सायरा थानाधिकारी कानाराम सीरवी ने बताया कि प्रार्थी मोतीराम गमेती निवासी केला की सेरी ने रिपोर्ट दी थी। इसमें बताया था कि 5 मार्च को उसके परिवार के लोग चाम्बुआ गांव में रिश्तेदार के यहां ढूंढ कार्यक्रम में शामिल होने गए थे। कार्यक्रम के बाद सभी लोग अलग-अलग वाहनों से अपने गांव लौट आए, लेकिन बेटा सामताराम गमेती (27) रातभर घर नहीं पहुंचा। दूसरे दिन अगली सुबह सरपंच मनोहरलाल ने सूचना दी कि चामुंडा माता मंदिर, पालीदाणा के पास सड़क किनारे सामताराम का शव पड़ा हुआ है। मौके पर पहुंचकर देखा तो बेटे के सिर पर गंभीर चोट के निशान थे। इस पर अज्ञात व्यक्तियों के खिलाफ पुलिस में हत्या का मुकदमा दर्ज कराया गया। महिला से छेड़छाड़ से नाराज थे आरोपी, तभी बनाया मर्डर का प्लानमुकदमा दर्ज होने के बाद पुलिस जांच में जुटी। घटनास्थल जंगल क्षेत्र में होने और आसपास मोबाइल टॉवर नहीं होने से जांच बेहद चुनौतीपूर्ण थी। पुलिस टीम ने संदिग्ध लोगों को डिटेन कर मनोवैज्ञानिक तरीके से पूछताछ की, जिससे पूरे मामले का खुलासा हो गया। पुलिस ने निंबाराम पिता नानाराम गमेती, हंसाराम पिता नानाराम गमेती, रमेश पिता देवाराम गमेती निवासी केला की सेरी रावछ, रमेश पिता रणछाराम गमेती निवासी मेवाड़ो का मठ और धर्माराम पिता देवाराम गमेती निवासी सेमल को गिरफ्तार किया। पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि ढूंढ कार्यक्रम में सभी ने शराब पी रखी थी। वापस लौटते समय सामताराम जीप में बैठा था और नशे में महिला के साथ छेड़छाड़ करने लगा। समझाने के बावजूद वह नहीं माना और अश्लील हरकतें करता रहा। इससे नाराज होकर आरोपियों ने सेमल से रावछ जाने वाले रास्ते पर उसे जीप से नीचे उतारकर नाले में ले जाकर मारपीट की, जिससे उसकी मौत हो गई। घटना के बाद आरोपियों ने शव को करीब 7–8 किलोमीटर दूर वागुणी-पालीदाणा रोड किनारे फेंक दिया और फरार हो गए। पुलिस ने आरोपियों की निशानदेही पर मृतक की खून से सनी टी-शर्ट भी बरामद की है।
मध्य प्रदेश हाईकोर्ट की ग्वालियर खंडपीठ ने विजयपुर विधानसभा सीट से विधायक मुकेश मल्होत्रा के चुनाव को निरस्त करने वाले अपने ही फैसले के प्रभाव पर 15 दिन की रोक लगा दी है। अदालत ने यह राहत इसलिए दी ताकि वे इस फैसले को चुनौती देने के लिए सुप्रीम कोर्ट जा सकें। यह मामला चुनाव याचिका क्रमांक EP-24/2024 में दायर किया गया था, जिसमें याचिकाकर्ता रामनिवास रावत ने विजयपुर विधानसभा चुनाव को चुनौती दी थी। हाईकोर्ट ने सुनवाई के बाद विधायक मुकेश मल्होत्रा का चुनाव शून्य घोषित कर दिया था और याचिकाकर्ता रामनिवास रावत को संबंधित विधानसभा क्षेत्र से निर्वाचित घोषित किया था। सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद आगे एक्शन लेगा विधानसभा सचिवालयहाईकोर्ट की ग्वालियर खंडपीठ द्वारा दिए गए आदेश को लेकर विधानसभा सचिवालय सुप्रीम कोर्ट के निर्णय का इंतजार करेगा। विधायक मुकेश मल्होत्रा को सुप्रीम कोर्ट से यदि राहत नहीं मिली तो विधानसभा सचिवालय फिर नोटिफिकेशन जारी करके आगे कार्रवाई करेगी। फैसले के तुरंत बाद मल्होत्रा ने हाईकोर्ट से मांगा समय फैसले के बाद मुकेश मल्होत्रा की ओर से प्रतिनिधित्व अधिनियम की धारा 116-B के तहत एक आवेदन दायर कर अदालत से आग्रह किया गया कि निर्णय के प्रभाव और संचालन पर कुछ समय के लिए रोक दी जाए, ताकि वे सुप्रीम कोर्ट में अपील कर सकें। मल्होत्रा की ओर से अदालत को बताया गया कि यदि फैसले पर तत्काल रोक नहीं दी गई तो उन्हें विधायक पद खाली करना पड़ेगा, जिसका असर पूरे निर्वाचन क्षेत्र पर पड़ेगा और उन्हें अपूरणीय क्षति होगी। हालांकि, चुनाव याचिकाकर्ता की ओर से इस आवेदन का विरोध किया गया और कहा गया कि अदालत को अपने ही निर्णय पर रोक तभी लगानी चाहिए जब पर्याप्त कारण हों। दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद हाईकोर्ट ने फैसले के प्रभाव पर 15 दिन की अंतरिम रोक दे दी, ताकि मुकेश मल्होत्रा सुप्रीम कोर्ट से राहत मांग सकें। क्या है मामला सोमवार 9 मार्च को मध्य प्रदेश हाईकोर्ट की ग्वालियर खंडपीठ ने विजयपुर विधानसभा क्षेत्र से विधायक मुकेश मल्होत्रा का चुनाव निरस्त कर दिया । अदालत ने माना कि नामांकन के समय आपराधिक मामलों से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारी छिपाना मतदाताओं को गुमराह करने और ‘अनुचित प्रभाव’ (Undue Influence) डालने की श्रेणी में आता है, जो जनप्रतिनिधित्व अधिनियम के तहत भ्रष्ट आचरण माना जाएगा। हालांकि, फैसले के तुरंत बाद अदालत ने मल्होत्रा को सुप्रीम कोर्ट में अपील करने के लिए 15 दिन की अंतरिम राहत भी दे दी है। इस अवधि में फैसले के प्रभाव और संचालन पर रोक रहेगी। विजयपुर विधानसभा क्षेत्र के चुनाव परिणाम को चुनौती देते हुए चुनाव याचिका EP-24/2024 रामनिवास रावत ने दायर की थी। याचिका में आरोप लगाया गया था कि प्रत्याशी मुकेश मल्होत्रा ने नामांकन पत्र के साथ दाखिल हलफनामे में अपने खिलाफ लंबित आपराधिक मामलों से जुड़ी पूरी जानकारी नहीं दी, जबकि कानून के अनुसार उम्मीदवारों को आपराधिक मामलों, विशेष रूप से जिनमें आरोप तय हो चुके हों, उनका स्पष्ट खुलासा करना अनिवार्य है। हाईकोर्ट ने क्या पाया न्यायमूर्ति जी.एस. अहलूवालिया की एकलपीठ ने सुनवाई के दौरान साक्ष्यों और रिकॉर्ड का परीक्षण किया। अदालत ने पाया कि: उम्मीदवार ने दो लंबित आपराधिक मामलों में आरोप तय होने की जानकारी पूर्ण रूप से उजागर नहीं की। मतदाताओं तक आपराधिक पृष्ठभूमि से जुड़ी जानकारी विस्तृत रूप से प्रकाशित भी नहीं कराई गई, जैसा कि कानून में अपेक्षित है। यह जानकारी छिपाने से मतदाताओं के स्वतंत्र और सूचित मतदान के अधिकार पर प्रभाव पड़ा। अदालत ने कहा कि इस तरह की जानकारी छिपाना मतदाताओं को अंधेरे में रखने जैसा है और यह जनप्रतिनिधित्व अधिनियम, 1951 की धारा 123(2) के तहत ‘अनुचित प्रभाव’ यानी भ्रष्ट आचरण की श्रेणी में आता है। हाईकोर्ट का आदेश इन निष्कर्षों के आधार पर अदालत ने आदेश दिया कि: विजयपुर विधानसभा सीट से मुकेश मल्होत्रा का चुनाव शून्य (null and void) घोषित किया जाता है। इस कारण उनके विधायक बनने का परिणाम निरस्त माना जाएगा और कानून में निर्धारित आगे की प्रक्रिया लागू होगी। फिर कैसे मिली 15 दिन की राहत फैसला सुनाए जाने के बाद मुकेश मल्होत्रा की ओर से अदालत में एक अलग आवेदन दायर किया गया। इसमें जनप्रतिनिधित्व अधिनियम की धारा 116-B का हवाला देते हुए अनुरोध किया गया कि निर्णय के प्रभाव और क्रियान्वयन पर अस्थायी रोक दी जाए ताकि वे सुप्रीम कोर्ट में अपील कर सकें। आवेदन में कहा गया कि: यदि आदेश तुरंत लागू हो गया तो उन्हें तत्काल विधायक पद छोड़ना पड़ेगा। इससे उन्हें अपूरणीय क्षति होगी और अपील का अधिकार व्यावहारिक रूप से प्रभावित हो सकता है। दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद हाईकोर्ट ने फैसले के प्रभाव और संचालन पर 15 दिन की रोक लगा दी, ताकि इस अवधि में सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी जा सके। ये खबर भी पढ़ें… विजयपुर से कांग्रेस विधायक मुकेश मल्होत्रा का चुनाव निरस्त ग्वालियर हाईकोर्ट ने विजयपुर विधानसभा सीट से कांग्रेस विधायक मुकेश मल्होत्रा का चुनाव रद्द कर दिया है। ग्वालियर बेंच के जस्टिस जी.एस. अहलूवालिया ने यह फैसला BJP नेता और पूर्व मंत्री रामनिवास रावत की याचिका पर सुनाया। रावत अब विजयपुर विधानसभा सीट से नए MLA होंगे।पूरी खबर पढ़ें
बांसवाड़ा शहर को स्वच्छ बनाए रखने की मुहिम शुरू की गई है। नागरिक समस्याओं के शीघ्र समाधान के लिए स्वच्छ भारत मिशन (शहरी) के राजस्थान ब्रांड एंबेसडर के.के. गुप्ता के निर्देश पर नगर परिषद क्षेत्र के लिए पांच प्रभारियों की नियुक्ति की गई है। इन सभी प्रभारियों के मोबाइल नंबर भी सार्वजनिक कर दिए गए हैं। इन प्रभारियों का मुख्य कार्य आम जनता से प्राप्त शिकायतों को दर्ज करना और उन्हें आधिकारिक वॉटसएप ग्रुप पर फोटोग्राफ व वीडियो के साथ शेयर करना होगा, जिससे नगर परिषद उनका शीघ्र निस्तारण कर सके। समस्या के अनुसार इन नंबरों पर करें संपर्क स्वच्छता सर्वेक्षण के लिए सहयोग की अपील स्वच्छता ब्रांड एंबेसडर के.के. गुप्ता ने बताया कि आगामी दिनों में भारत सरकार द्वारा राष्ट्रीय स्वच्छता सर्वेक्षण शुरू किया जा रहा है। इसके तहत केंद्रीय टीम शहर का निरीक्षण करेगी। उन्होंने जनता से अपील की है कि वे न तो स्वयं गंदगी फैलाएं और न ही दूसरों को ऐसा करने दें। उन्होंने नागरिकों से आग्रह किया है कि शहर को स्वच्छता रैंकिंग में बेहतर स्थान दिलाने के लिए सजग रहें और किसी भी समस्या पर तुरंत संबंधित प्रभारी को रिपोर्ट करें।
कानपुर की औद्योगिक चमक अब सौर ऊर्जा के दम पर और बढ़ने वाली है। उत्तर प्रदेश को क्लीन एनर्जी इन्वेस्टमेंट का पावरहाउस बनाने की तैयारी शुरू हो चुकी है। इसी कड़ी में सोमवार को कानपुर के विकास भवन में 'यूपी एनर्जी एक्सपो 2026' का प्री-इवेंट कार्यक्रम आयोजित किया गया। पीएचडी चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री (PHDCCI) और यूपीनेडा के इस साझा प्रयास का मकसद शहर के उद्यमियों और आम जनता को सौर ऊर्जा के फायदों से रूबरू कराना था। विकास भवन में हुए इस आयोजन में सीडीओ दीक्षा जैन ने कहा,कि नवीकरणीय ऊर्जा अब सिर्फ विकल्प नहीं, बल्कि जरूरत बन गई है। उन्होंने कहा कि 'पीएम सूर्य घर: मुफ्त बिजली योजना' और 'पीएम कुसुम योजना' के जरिए कानपुर के घरों, किसानों और यहां के कारखानों को सौर ऊर्जा से जोड़ने की कोशिश की जा रही है। इससे न केवल ऊर्जा सुरक्षा बढ़ेगी, बल्कि विकास की रफ्तार को भी मजबूती मिलेगी। 7 मई से लखनऊ में जुटेगा दुनिया भर का निवेशकानपुर में हुई इस चर्चा का बड़ा हिस्सा आगामी 7 से 9 मई तक लखनऊ के इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान में होने वाले 'यूपी एनर्जी एक्सपो 2026' पर केंद्रित रहा। पीएचडीसीसीआइ के सीनियर रीजनल डायरेक्टर अतुल श्रीवास्तव ने बताया कि, इस तीन दिवसीय एक्सपो में देश-विदेश की 150 से अधिक कंपनियां अपनी तकनीक का प्रदर्शन करेंगी। इसमें 60 से ज्यादा विशेषज्ञ और वक्ता निवेश के नए अवसरों और सरकारी नीतियों पर मंथन करेंगे। कम होगी इंडस्ट्री की बिजली लागतकानपुर जैसे औद्योगिक शहर के लिए सौर ऊर्जा किसी वरदान से कम नहीं है। कार्यक्रम में मौजूद एमएसएमई के संयुक्त निदेशक वी.के. वर्मा और जिला उद्योग केंद्र के महाप्रबंधक अंजनीश प्रताप सिंह ने बताया कि उद्योगों के लिए सोलर पैनल अपनाना अब बेहद किफायती हो गया है। इससे बिजली का बिल और उत्पादन लागत कम होगी, जिससे कानपुर के उत्पादों की बाजार में प्रतिस्पर्धा बढ़ेगी। गोल्डी ग्रुप और केईआई इंडस्ट्रीज के प्रतिनिधियों ने भी माना कि सौर ऊर्जा में असीम संभावनाएं हैं। प्रयागराज और वाराणसी में भी होंगे कार्यक्रमकानपुर के बाद यह जागरूकता अभियान प्रदेश के अन्य शहरों में भी जारी रहेगा। 20 मार्च को प्रयागराज, 27 मार्च को वाराणसी, 17 अप्रैल को गोरखपुर और 24 अप्रैल को लखऊ में इसी तरह के कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। इसका उद्देश्य पूरे प्रदेश को स्वच्छ ऊर्जा की इस मुहिम से जोड़ना और उत्तर प्रदेश को सौर ऊर्जा के क्षेत्र में अग्रणी बनाना है।
बलिया में मारपीट से अधेड़ की मौत:ग्रामीणों ने शव रखकर किया प्रदर्शन, आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग
बलिया के रेवती में सब्जी बेचने को लेकर हुई मारपीट में वार्ड नंबर 6 निवासी धनजी तुरहा की मौत हो गई। पोस्टमार्टम के बाद सोमवार शाम जब उनका शव घर पहुंचा, तो आक्रोशित ग्रामीणों ने आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग को लेकर शव को सड़क पर रखकर प्रदर्शन किया। यह घटना रविवार रात रेवती बीज गोदाम के समीप हुई थी। मारपीट के बाद धनजी तुरहा की मौत हो गई। सोमवार शाम शव घर पहुंचने पर परिजनों और ग्रामीणों में गहरा आक्रोश व्याप्त हो गया। आक्रोशित लोगों ने कुछ देर तक शव को घर के सामने रखने के बाद उसे खाट पर उठाकर नगर के बीज गोदाम तीन मुहानी पहुंचे। वहां उन्होंने शव को बीच सड़क पर रखकर धरना शुरू कर दिया। प्रदर्शनकारियों की मांग थी कि जब तक सभी आरोपी गिरफ्तार नहीं हो जाते, तब तक शव नहीं उठाया जाएगा। सूचना मिलने पर सीओ बैरिया फहीम कुरेशी के नेतृत्व में थानाध्यक्ष बैरिया राजेंद्र प्रसाद सिंह, दोकटी प्रशांत चौधरी और चाइल्ड थाना के राजेश बहादुर सिंह मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने प्रदर्शनकारियों को समझाने का प्रयास किया। सीओ ने बताया कि चार नामजद आरोपियों में से मीना देवी उर्फ कुदुरनी देवी को गिरफ्तार कर लिया गया है। उन्होंने शेष आरोपी सुनील तुरहा और अमरनाथ साहनी अदि को भी शीघ्र गिरफ्तार करने का आश्वासन दिया। समाजसेवी राणा योगेंद्र विक्रम उर्फ मांडलू सिंह के समझाने-बुझाने के बाद लगभग आधे घंटे बाद धरना समाप्त हुआ। इस दौरान सुशील श्रीवास्तव, सभासद अजय वर्मा और प्रमोद उपाध्याय सहित अन्य लोग भी उपस्थित रहे।
कानपुर में शादी का झांसा देकर युवती का शारीरिक शोषण करने, गर्भपात कराने और बाद में मारपीट कर धमकी देने का मामला सामने आया है। सचेड़ी पुलिस ने पीड़िता की तहरीर पर आरोपी युवक समेत उसके परिवार के पांच सदस्यों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। युवक सहित पांच लोगों पर दर्ज मुकदमापुलिस के अनुसार गोविंद नगर के कच्ची बस्ती दादानगर की रहने वाली एक महिला ने शिकायत दर्ज कराई है कि साल 2023 में उसकी दोस्ती Babupurwa के चकरपुर निवासी एक युवक से हुई थी। आरोप है कि युवक ने शादी का झांसा देकर उससे शारीरिक संबंध बनाए। गर्भवती होने पर आरोपी ने अपने माता-पिता और बहनों के साथ मिलकर शादी का आश्वासन देकर उसका गर्भपात करा दिया। पीड़िता का आरोप है कि 27 अप्रैल 2024 को चकरपुर स्थित एक होटल में दिखावे के तौर पर शादी कराई गई। इसके बाद 25 सितंबर 2025 को बेटी के जन्म के बाद युवक ने बताया कि उसकी पहले से ही एक अन्य महिला से शादी हो चुकी है। विरोध करने पर आरोपी और उसके परिजनों ने मारपीट कर जान से मारने की धमकी दी। दीनानाथ मिश्रा ने बताया कि पीड़िता की तहरीर के आधार पर आरोपी युवक सहित उसके परिवार के पांच लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। मामले की जांच की जा रही है और जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
लातेहार जिले के बालूमाथ थाना क्षेत्र में सोमवार देर शाम अज्ञात अपराधियों ने कोयला लदे एक हाइवा को आग के हवाले कर दिया। यह घटना नगड़ा ग्राम स्थित रेलवे ओवर ब्रिज के पास हुई, जहां अपराधियों ने वाहन पर फायरिंग भी की। शाम करीब 7:15 बजे मगध कोलियरी (चमातू) से कोयला लेकर एक हाइवा बालूमाथ साइडिंग की ओर जा रहा था। नगड़ा ग्राम के पास तीन पैदल अपराधियों ने वाहन को रोकने के लिए पत्थरबाजी की। जब चालक ने गाड़ी नहीं रोकी, तो अपराधियों ने हाइवा के पिछले टायर पर गोली चला दी। तेल को हाइवा पर छिड़ककर आग लगा दी गोली लगने से हाइवा रुक गया। इसके बाद अपराधियों ने चालक जगन्नाथ गंझु को हथियारों के बल पर अपने कब्जे में ले लिया। चालक के अनुसार, अपराधियों ने अपने साथ लाए तेल को हाइवा पर छिड़ककर आग लगा दी, जिससे हाईवा में लदा कोयला जलने लगा। चालक ने यह भी बताया कि तीन अपराधी सामने थे, जबकि उनके दो अन्य साथी दूर से स्थिति पर नजर रखे हुए थे। तेल को हाइवा पर छिड़ककर आग लगा दी गोली लगने से हाइवा रुक गया। इसके बाद अपराधियों ने चालक जगन्नाथ गंझु को हथियारों के बल पर अपने कब्जे में ले लिया। चालक के अनुसार, अपराधियों ने अपने साथ लाए तेल को हाइवा पर छिड़ककर आग लगा दी, जिससे हाइवा में लदा कोयला जलने लगा। चालक ने यह भी बताया कि तीन अपराधी सामने थे, जबकि उनके दो अन्य साथी दूर से स्थिति पर नजर रखे हुए थे। बदमाशों ने दी चेतावनी बिना 'मैनेज' किए कोयला ढुलाई का काम न किया जाए घटना को अंजाम देने के बाद, अपराधियों ने चालक को चेतावनी दी कि बिना 'मैनेज' किए क्षेत्र में कोयला ढुलाई का काम न किया जाए। वारदात के बाद अपराधी अंधेरे का फायदा उठाकर जंगल की ओर भाग निकले। घटना की सूचना मिलते ही बालूमाथ थाना प्रभारी अमरेंद्र कुमार पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। तत्काल तेतरियाखांड कोलियरी से दमकल की गाड़ी बुलाई गई, जिसने काफी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। थाना प्रभारी ने बताया कि पुलिस मामले की जांच में जुट गई है और अपराधियों की धरपकड़ के लिए संभावित ठिकानों पर छापेमारी शुरू कर दी गई है। इधर, इस घटना के बाद कोयला कारोबारियों और वाहन चालकों में भय का माहौल है।
संतकबीरनगर के खलीलाबाद विकास खंड सभागार में सोमवार को क्षेत्र पंचायत सदस्यों की बैठक आयोजित की गई। ब्लॉक प्रमुख प्रमिला देवी की अध्यक्षता में हुई इस बैठक में आगामी सत्र के लिए लगभग 4 करोड़ रुपए के विकास कार्यों को स्वीकृति प्रदान की गई। बैठक के दौरान ग्राम पंचायतों में चल रहे विकास कार्यों की समीक्षा की गई और आगामी योजनाओं पर विस्तृत चर्चा हुई। मुख्य अतिथि सदर विधायक अंकुर राज तिवारी ने क्षेत्र पंचायत सदस्यों और ग्राम प्रधानों को संबोधित करते हुए कहा कि गांवों का समग्र विकास सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। विधायक तिवारी ने आश्वासन दिया कि जनप्रतिनिधियों के सहयोग से सभी विकास योजनाएं समयबद्ध तरीके से पूरी की जाएंगी। उन्होंने यह भी कहा कि किसी भी कार्य में कोई बाधा नहीं आने दी जाएगी। ब्लॉक प्रमुख प्रतिनिधि नित्यानंद ने जानकारी दी कि खलीलाबाद ब्लॉक क्षेत्र की ग्राम सभाओं में लगभग चार करोड़ रुपये की लागत से विभिन्न विकास कार्य संपन्न कराए जाएंगे। उन्होंने यह भी बताया कि अधूरे और लंबित पड़े विकास कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर जल्द पूरा किया जाएगा, जिससे ग्रामीणों को योजनाओं का लाभ मिल सके। बैठक में सड़क, नाली, खड़ंजा, पेयजल और स्वच्छता जैसी बुनियादी सुविधाओं से जुड़े मुद्दों पर गहन विचार-विमर्श हुआ। क्षेत्र पंचायत सदस्यों ने अपने-अपने क्षेत्रों की समस्याओं को उठाया, जिनके त्वरित समाधान के लिए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक निर्देश जारी किए गए। खंड विकास अधिकारी आनंद गुप्ता ने बताया कि इस बैठक का मुख्य उद्देश्य ब्लॉक क्षेत्र में विकास कार्यों को गति प्रदान करना और योजनाओं को प्रभावी ढंग से लागू करना है। इस अवसर पर ब्लॉक क्षेत्र के अध्यक्ष प्रधान संघ जगदीश चौधरी, कौशल चौधरी सहित कई जनप्रतिनिधि, क्षेत्र पंचायत सदस्य, ग्राम प्रधान और विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।
सिमरोल पुलिस ने 2 मंदिर चोरों को पकड़ा:पीतल के घंटे और लोटा बरामद, बिना नंबर की स्कूटी भी मिली
सिमरोल पुलिस ने मंदिरों को निशाना बनाने वाले दो शातिर चोरों को पकड़ा है। ये आरोपी मंदिरों से पीतल के घंटे और दूसरा सामान चुराते थे। पुलिस ने इनके पास से चोरी का माल और वारदात में इस्तेमाल की गई बिना नंबर की स्कूटी भी बरामद कर ली है। पुलिस के मुताबिक, 12 फरवरी 2026 को चोरल स्थित परमहंस आश्रम के शिव मंदिर का ताला तोड़कर दो पीतल के घंटे चोरी हुए थे। इसके बाद 4 मार्च को मेंदी गांव के हनुमान मंदिर से भी दो छोटे घंटे और एक लोटा चोरी हो गया था। इन दोनों वारदातों के बाद सिमरोल थाने में केस दर्ज किया गया था। सीसीटीवी फुटेज से खुला राज मंदिरों में लगातार हो रही चोरियों को देखते हुए पुलिस ने एक स्पेशल टीम बनाई। टीम ने जब इलाके के सीसीटीवी कैमरों की जांच की, तो उन्हें दो युवक बिना नंबर की स्कूटी पर घूमते हुए संदिग्ध नजर आए। इसके बाद 8 मार्च को पुलिस ने घेराबंदी करके दोनों को धर दबोचा। पूछताछ में उन्होंने चोरी की बात मान ली। आरोपियों की पहचान और बरामदगी पकड़े गए आरोपियों के नाम राहुल (30 साल), निवासी ग्राम गुजरा और राज (21 साल), निवासी ग्राम कड़रिया हैं। पुलिस ने इनके पास से आश्रम और हनुमान मंदिर से चोरी किए गए सभी चार घंटे और पीतल का लोटा बरामद कर लिया है। पुलिस अब इनसे अन्य चोरियों के बारे में पूछताछ कर रही है।
रेजिडेंट डॉक्टरों द्वारा चल रही हड़ताल को फिलहाल आंशिक रूप से होल्ड कर दिया गया है। यह निर्णय स्वास्थ्य मंत्री के अनुरोध, डिविजनल कमिश्नर और हेल्थ कमिश्नर के दिशा-निर्देशों को ध्यान में रखते हुए लिया गया है। इंदौर में रेजिडेंट डॉक्टरों ने स्पष्ट किया है कि हड़ताल पूरी तरह समाप्त नहीं की गई है। रेजिडेंट डॉक्टरों का कहना है कि उनकी प्रमुख मांग मनोदेय (स्टायपेंड) में वृद्धि से संबंधित है, जिसे नियमों के अनुसार अप्रैल 2025 से सीपीआई (CPI) इंडेक्स के आधार पर लागू किया जाना था। करीब 11 महीने बीत जाने के बावजूद अब तक इस पर कोई ठोस निर्णय नहीं लिया गया है। डॉक्टरों ने बताया कि मरीजों की सुविधा और उपचार व्यवस्था को प्रभावित न करने के उद्देश्य से तथा स्वास्थ्य मंत्री के आग्रह का सम्मान करते हुए हड़ताल को आंशिक विराम दिया गया है। इसके बावजूद उनकी लंबित मांगों पर निर्णय होने तक विरोध प्रदर्शन विभिन्न माध्यमों से जारी रहेगा। जूनियर डॉक्टर्स एसोसिएशन के अध्यक्ष डॉ. अंशुल शर्मा ने बताया कि आज दोपहर 2 बजे विरोध में डॉक्टरों ने एमवाय अस्पताल से एमजीएम मेडिकल कॉलेज तक बाइक रैली निकाली और डीन को ज्ञापन दिया।
फलोदी में स्मैक बेचने का विरोध करने पर मारपीट:कार के शीशे तोड़े, जान से मारने की धमकी दी; मामला दर्ज
फलोदी में स्मैक बेचने का विरोध करने पर एक युवक के साथ मारपीट की गई। आरोपियों ने उसकी गाड़ी और मोबाइल भी तोड़ दिए, साथ ही जान से मारने की धमकी दी। पुलिस ने इस संबंध में मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। नाले में फंसी कार पीड़ित पिन्दु थानवी ने फलोदी पुलिस थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई है। उन्होंने बताया कि 9 मार्च को दोपहर करीब 12 बजे वे हरिजन बस्ती मोहरा रोड से आ रहे थे। इस दौरान उन्होंने कुछ लोगों को नाबालिग बच्चों को स्मैक बेचते देखा। तभी उनकी कार नाली में फंस गई। इसी दौरान अकरम, मजीद, इमराम, वामीन, असरफ सहित 10-15 लोग वहां आ गए। उन्होंने पिन्दु से गाड़ी हटाने और उनके काम में दखल न देने को कहा। आरोपियों ने खुद को गैंग से जुड़ा बताते हुए अपनी पहुंच ऊपर तक होने का दावा किया और विरोध करने पर गालियां दीं तथा जान से मारने की धमकी दी। कैंपर में और लोगों को बुलाया आरोपियों ने बोलेरो कैंपर में और लोगों को बुला लिया और पिन्दु तथा उनके मित्र नन्दकिशोर जोशी के साथ मारपीट की। उन्होंने पिन्दु की कार में तोड़फोड़ की, उसकी चेन तोड़ी और दो मोबाइल भी क्षतिग्रस्त कर दिए। पीड़ित ने यह भी आरोप लगाया है कि घटना के बाद से लगातार फोन कर राजीनामा करने और जान से मारने की धमकी दी जा रही है। पुलिस का कहना है कि रिपोर्ट पर मामला दर्ज कर लिया गया है। आरोपियों की तलाश की जा रही है।
सलूम्बर जिला कलेक्टर अवधेश मीना ने सोमवार को 'पंच गौरव' कार्यक्रम की समीक्षा बैठक में पलाश प्रोसेसिंग यूनिट का कार्य शुरू न होने पर नाराजगी जताई। उन्होंने अधिकारियों को इसे जल्द शुरू करने के सख्त निर्देश दिए। बैठक में विभिन्न विभाग के अधिकारी रहे मौजूद यह बैठक जिला कलेक्टर कक्ष में आयोजित की गई, जिसमें विभिन्न विभागों के जिला स्तरीय अधिकारी उपस्थित थे। बैठक में 'पंच गौरव' के तहत जिले में प्रस्तावित विकास कार्यों की प्रगति, कार्यान्वयन रणनीति और विभागवार जिम्मेदारियों पर विस्तृत चर्चा हुई। पलाश प्रोसेसिंग यूनिट पर कार्य शुरू न होने पर असंतोष जताया बैठक के दौरान आर्थिक एवं सांख्यिकी विभाग के उपनिदेशक (नोडल प्रभारी) शेल सिंह ने बताया कि आगामी वित्तीय वर्ष के बजट के लिए प्रस्ताव तैयार कर लिए गए हैं। इसी संदर्भ में कलेक्टर ने राजीविका में पलाश प्रोसेसिंग यूनिट पर कार्य शुरू न होने पर असंतोष व्यक्त किया और तत्काल कार्य प्रारंभ करने के निर्देश दिए। कलेक्टर ने जयसमंद झील पर सड़क आवागमन को सुगम बनाने, यात्रियों के लिए पानी और शौचालय जैसी मूलभूत सुविधाएं सुनिश्चित करने के भी निर्देश दिए। उन्होंने कैफेटेरिया विकसित करने का सुझाव भी दिया। उन्होंने अधिकारियों को साल भर विविध कार्यक्रम, जनजागरूकता अभियान और प्रदर्शनियां आयोजित करने के निर्देश दिए, ताकि लोगों को 'पंच गौरव' कार्यक्रम के बारे में अधिक जानकारी मिल सके। इसके अतिरिक्त, पलाश की नर्सरी विकसित करने और पलाश वाटिका के लिए प्रस्ताव बनाने के निर्देश भी दिए गए। जिला कलेक्टर ने अधिकारियों को 'पंच गौरव' कार्यक्रम के निर्धारित लक्ष्यों की समयबद्ध और प्रभावी क्रियान्विति सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि योजना का उद्देश्य जिले के समग्र विकास को गति देना और आमजन को विभिन्न योजनाओं का अधिकतम लाभ उपलब्ध कराना है। इसके लिए सभी विभाग आपसी समन्वय के साथ कार्य करें। कलेक्टर बोले-विकास कार्यों की हो निगरानी उन्होंने यह भी निर्देशित किया कि जिले की प्राथमिकताओं को ध्यान में रखते हुए विकास कार्यों की नियमित निगरानी की जाए और समय-समय पर प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत की जाए, ताकि योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित हो सके।
रायसेन जिला अस्पताल में 7 मार्च की रात प्रसव के दौरान हुई कथित लापरवाही और स्टाफ द्वारा महिला के पति से अभद्रता कर थप्पड़ मारने के मामले में कलेक्टर अरुण कुमार विश्वकर्मा ने संज्ञान लिया है। 'डिजिटल भास्कर' में खबर प्रकाशित होने के बाद सोमवार को उन्होंने जांच के आदेश देते हुए अपर कलेक्टर से तीन दिन के भीतर विस्तृत रिपोर्ट तलब की है, ताकि दोषियों पर कार्रवाई की जा सके। यह पूरा मामला रायसेन जिले के ग्राम बड़ौदा के रहने वाले अभिषेक जाटव से संबंधित है। उन्होंने अपनी पत्नी वंदना जाटव को प्रसव पीड़ा होने पर 7 मार्च की रात करीब 9 बजे जिला अस्पताल में भर्ती कराया था। रात 3 बजे तक तड़पती रही पत्नी, स्टाफ ने नहीं दिया ध्यान अभिषेक जाटव का आरोप है कि अस्पताल में रात करीब 3 बजे तक उनकी पत्नी की डिलीवरी नहीं हुई और उसका दर्द लगातार बढ़ता ही गया। पीड़ित पति के अनुसार, पत्नी की गंभीर स्थिति के बावजूद अस्पताल के स्टाफ ने उन पर बिल्कुल ध्यान नहीं दिया और घोर लापरवाही बरती। ऑपरेशन की मांग करने पर की अभद्रता और मारा थप्पड़ पीड़ित अभिषेक ने बताया कि जब उन्होंने स्टाफ को पत्नी की गंभीर स्थिति के बारे में बताया और ऑपरेशन करने की मांग की, तो अस्पताल कर्मियों ने लापरवाही दिखाई। आरोप है कि इसके बाद अस्पताल कर्मियों ने अभिषेक के साथ जमकर अभद्र व्यवहार किया और विवाद करते हुए उन्हें थप्पड़ तक मार दिया। भास्कर की खबर पर कलेक्टर का एक्शन, 3 दिन में मांगी रिपोर्ट इस पूरे मामले और अस्पताल की लापरवाही को सोमवार को डिजिटल भास्कर ने प्रमुखता के साथ प्रकाशित किया था। खबर सामने आने के बाद कलेक्टर अरुण कुमार विश्वकर्मा ने तत्काल मामले का संज्ञान लिया और जांच के सख्त आदेश जारी कर दिए। कलेक्टर ने अपर कलेक्टर मनोज उपाध्याय को निर्देश दिए हैं कि वे मामले की विस्तृत जांच करें और तीन दिन के भीतर अपनी रिपोर्ट प्रस्तुत करें।
रीवा-सीधी मार्ग पर बसे बढौरा गांव में सोमवार शाम को उस समय हंगामा हो गया, जब कंटेनर सवार दो लोगों पर स्कूली बच्चियों को पैसे का लालच देकर उठाने की कोशिश का आरोप लगा। ग्रामीणों ने दोनों संदिग्धों, रविंदर सिंह और हरपाल सिंह को पकड़कर सेमरिया थाने के हवाले कर दिया है। यह घटना सोमवार शाम करीब 4 बजे की है। ग्रामीणों के अनुसार, गांव की आठ बच्चियां स्कूल से परीक्षा देकर घर लौट रही थीं। रीवा-सीधी मार्ग से करीब 100 मीटर दूर एक सुनसान जगह पर कंटेनर खड़ा था। आरोप है कि उसमें बैठे लोगों ने बच्चियों को पैसे देकर अपने पास बुलाने की कोशिश की और जब बच्चियों ने मना किया, तो वे उन्हें जबरन उठाने की फिराक में थे। बच्चियों के शोर मचाने पर ग्रामीणों ने मौके पर पहुंचकर दोनों को दबोच लिया। थाने के बाहर ग्रामीणों का प्रदर्शन घटना के बाद बड़ी संख्या में ग्रामीण सेमरिया थाने पहुंच गए। परिजन का कहना है कि बच्चियों को थाने के अंदर बैठाया गया है और उन्हें मिलने नहीं दिया जा रहा है। ग्रामीण सुरेश भुजवा और सीमा साकेत ने बताया कि वे करीब तीन घंटे से थाने के बाहर खड़े हैं, लेकिन पुलिस उन्हें साफ-साफ कुछ नहीं बता रही है। ग्रामीणों का सीधा आरोप है कि ये लोग बच्चियों को किडनैप (अपहरण) करने की कोशिश कर रहे थे। पुलिस और संदिग्धों का पक्ष सेमरिया थाना प्रभारी केदार परौहा ने बताया कि शुरुआती पूछताछ में कंटेनर ड्राइवर ने एक अलग कहानी बताई है। ड्राइवर का कहना है कि सोमवार को उसकी बेटी का जन्मदिन है और वह पंजाब में अपने घर से दूर है। इसलिए वह सड़क पर मिली बच्चियों को अपनी बेटी समझकर पैसे देना चाहता था ताकि वे कुछ खा सकें और वह अपनी बेटी का जन्मदिन मना सके। फिलहाल पुलिस मामले की जांच कर रही है।
छत्तीसगढ़ के धमतरी में कोतवाली थाने से करीब 100 मीटर दूर एक सेलून दुकान में एक युवक पर चाकू से हमला किया गया। हमले में युवक गंभीर रूप से घायल हो गया, जिसे अस्पताल में भर्ती कराया गया है। हमलावर वारदात के बाद मौके से फरार हो गए, कुछ संदिग्धों को हिरासत में लिया गया है। यह घटना धमतरी जिले के इतवारी बाजार स्थित प्रदीप सेलून दुकान में हुई। बताया जा रहा है कि कुछ युवक बाल कटवाने दुकान पहुंचे थे। इसी दौरान एक युवक पर धारदार चाकू से दो बार वार किया गया। हमले के बाद दुकान में खून फैल गया और घायल युवक खून से लथपथ होकर घर की ओर भागा। कुछ लोगों ने घायल युवक को तत्काल अस्पताल पहुंचाया। हमलावर चाकू को सेलून में ही छोड़कर मौके से फरार हो गए। घायल युवक की पहचान प्रिंस ध्रुव के रूप में हुई है। दुकान संचालक प्रदीप ने तत्काल पुलिस को सूचना दी। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और आगे की कार्रवाई में जुट गई है। प्रदीप ने बताया कि बांसपारा से कुछ लोग बाल कटवाने आए थे, जिनके पीछे उनके दोस्त भी पहुंचे। इसी दौरान मारपीट हुई और एक युवक के गर्दन में चाकू घोंप दिया गया। सीएसपी अभिषेक चतुर्वेदी ने बताया कि इतवारी बाजार के पास एक सेलून में चाकू बाजी की सूचना मिली थी। वहां पर युवक ने एक दूसरे युवक पर धारदार चाकू से हमला किया। युवक के शरीर में दो-तीन जगह पर चोटे आई है। युवक को धमतरी के निजी हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया है।उन्होंने यह भी बताया कि हमलावर युवक को पकड़ा गया है। जिससे पूछताछ की जा रही है। उन्होने यह भी बताया कि अब तक एक ही आरोपी है जो कि उनका दोस्त है उनके साथ दो-तीन और आए हुए थे जिनकी तलाश जारी है। बताया गया कि दोनों के बीच में नवंबर महीने में लड़ाई झगड़ा हुआ था और उसकी भी रिपोर्ट हुई थी। उसी रंजिश चलते सोमवार को घटना को अंजाम दिया गया है।
संभल में सोमवार शाम एक चलती इलेक्ट्रॉनिक स्कूटी में अचानक आग लग गई। कैलादेवी थाना क्षेत्र के अनूपशहर रोड पर रझेड़ा सलेमपुर गांव के पास हुई इस घटना में स्कूटी चालक ने कूदकर अपनी जान बचाई। तीन महीने पुरानी यह स्कूटी पूरी तरह जलकर राख हो गई। यह घटना शाम करीब 5 बजे हुई जब गोहत गांव निवासी जसवीर पुत्र वीरपाल अपनी स्कूटी से रझेड़ा सलेमपुर जा रहे थे। अचानक स्कूटी में तेज धमाका हुआ और उसमें से धुआं निकलने लगा, जिसके बाद आग लग गई। जसवीर ने तुरंत सड़क की दूसरी ओर कूदकर खुद को सुरक्षित किया। आग इतनी भीषण थी कि स्कूटी देखते ही देखते आग का गोला बन गई। इलेक्ट्रॉनिक स्कूटी होने के कारण कोई भी व्यक्ति आग बुझाने के लिए पास नहीं गया। करीब आधे घंटे में पूरी स्कूटी जलकर कबाड़ में बदल गई। घटना स्थल पर कुछ देर के लिए अफरा-तफरी का माहौल बन गया था। चालक जसवीर ने बताया कि उन्होंने यह स्कूटी तीन महीने पहले 37,000 रुपए में खरीदी थी। वह रोजाना इसी स्कूटी का इस्तेमाल करते थे। गनीमत रही कि इस घटना में जसवीर को कोई चोट नहीं आई। थाना कैलादेवी प्रभारी जितेंद्र वर्मा ने इस संबंध में बताया कि उन्हें स्कूटी में आग लगने की कोई सूचना नहीं मिली है। उन्होंने कहा कि मामले की जांच कराई जाएगी।
19 मार्च को होने वाले नवंसंवत्सर समारोह की तैयारियों को लेकर राम मंदिर परिसर में आज शाम को बैठक की गई।इस अवसर पर तय किया गया कि समारोह में 6 हजार अतिथियों को लेकर बेहतर प्रबंधन किया जाए।समारोह की मुख्य अतिथि और देश की राष्ट्रपति द्रोपदी मूर्मू अयोध्या में 4 घंटे रहेंगी। श्रीश्री मां अमृनांनद और उनके एक हजार अनुयायी शामिल होंगे कार्यक्रम में उनके अलावा राज्यपाल आनंदीबेन पटेल,सीएम योगी, श्रीश्री मां अमृनांनद और उनके एक हजार अनुयायी शामिल होंगे।राम मंदिर निर्माण से जुड़े इंजीनियर्स और कारीगरी करीब एक हजार होंगे।इस अलावा राम मंदिर आंदोलन से जुड़ भूले बिसरे लोगों को भी प्रमुखता से आमंत्रित किया गया है। इस अवसर पर कार्यक्रम के दौरान अयोध्या में भक्तों का प्रवेश रोकने पर अभी कोई निर्णय नहीं हुआ है।इस बारे में राष्ट्रपति के प्रोटोकाल के पूरी तरह पालन पर जोर दिया जा रहा है। बैठक में राम मंदिर ट्रस्ट के महामंत्री चंपत राय,निर्माण प्रभारी गोपाल जी,पुलिस अधीक्षक नगर चक्रपाणि तिवारी,एसपी सुरक्षा बलरामाचारी दुबे सहित पुलिस और अन्य सुरक्षा संगठनों के अधिकारियों की मौजूदगी रही।
सीकर में कई कॉलोनियों में नगर परिषद की ओर से सड़क चौड़ी करने में मकान तोड़ने की कार्रवाई की जाएगी। इस पर पीड़ित महिलाएं बोलीं- मकान टूटे तो हम बच्चों के साथ सुसाइड को मजबूर होंंगे। सीकर शहर के पुरोहितजी की ढाणी, बसंत विहार व रामपुरा रोड को 40 फीट और 60 फीट करना प्रस्तावित है। इसे लेकर नगर परिषद ने पिछले दिनों अतिक्रमण पर मार्किंग की है। वहीं प्रशासन के फैसले का स्थानीय लोगों ने विरोध शुरू कर दिया है। पुरोहितों की ढाणी के लोगों ने सोमवार को नगर परिषद अधिकारियों और जिला कलेक्टर को ज्ञापन सौंपकर सड़क की चौड़ाई 30 फीट ही रखने की मांग की है। प्रभावित लोगों ने कहा- सड़क की चौड़ाई बढ़ने से कई मकान व दुकानें पूरी तरह से टूट जाएंगी। इससे कई परिवार बेघर हो जाएंगे। स्थानीय लोगों ने मांगें नहीं मानने पर बड़े आंदोलन तक की चेतावनी दी है। सड़क 40 फीट चौड़ी करने का नोटिफिकेशन जारीसीकर शहर के पुलिस लाइन से राधाकिशनपुरा होते हुए जयपुर-झुंझुनूं बाइपास तक प्रस्तावित 40 फीट सड़क चौड़ी की जाएगी। लोगों ने इसे संशोधित कर 30 फीट ही रखने की मांग की। स्थानीय ग्रामीण सोमवार को जिला कलेक्ट्रेट और नगर परिषद पहुंचे। लोगों ने नगर परिषद अधिकारियों को मांगों से अवगत करवाया। इसके बाद मुख्यमंत्री के नाम जिला कलेक्टर को भी ज्ञापन सौंपा। लोगों ने बताया- शहर के पुलिस लाइन तिराहे से राधाकिशनपुरा होते हुए जयपुर-झुंझुनूं बाइपास से जुड़ने वाली सड़क को 40 फीट चौड़ी करने का नोटिफिकेशन जारी किया गया है। सड़क चौड़ाई 40 फीट करने से स्थानीय लोगों और दुकानदारों को काफी नुकसान का सामना करना पड़ेगा। लोग बोले- मकान पूरी तरह हो जाएंगे ध्वस्तस्थानीय लोगों ने कहा- यह रोड राष्ट्रीय राजमार्ग या राज्य राजमार्ग नहीं है। ये रोड एक रेजिडेंशियल कॉलोनी रोड के हिसाब से काम आती है। साथ ही इस सड़क पर हैवी कमर्शियल ट्रैफिक, ट्रक या इंडस्ट्रियल ट्रैफिक का दबाव भी नहीं है। प्रशासन के इस सड़क को 40 फीट चौड़ाई करने से इलाके के कई परिवारों के पक्के मकान पूरी तरह से ध्वस्त हो जाएंगे। वहीं कई लोगों के आधे मकान टूट जाएंगे। ऐसे में प्रभावी परिवारों के पास अन्य कोई वैकल्पिक आवास नहीं होने से वे बेघर हो जाएंगे। लोगों ने कहा- इससे गरीब परिवारों की रोजी-रोटी छिन जाएगी। महिलाएं बोलीं- अगर अधिकारियों ने बात नहीं मानी तो घर-दुकान की बजाय जान देने पर मजबूर होना पड़ेगा। सड़क 30 फीट रखने की मांगस्थानीय लोगों ने कहा- वर्षों से बसे मोहल्ले का अस्तित्व भी प्रभावित होगा। मानवीय, सामाजिक, तकनीकी व कानूनी दृष्टिकोण से विचार करते हुए प्रस्तावित 40 फीट सड़क को कम कर 30 फीट किया जाए, ताकि स्थानीय लोगों को ज्यादा नुकसान नहीं हो। साथ ही स्थानीय लोगों के आवास, आजीविका व सामाजिक संरचना की भी रक्षा हो सकेगी। इस दौरान बड़ी संख्या में स्थानीय लोग भी मौजूद रहे। ज्ञापन देने वालों में सुरेंद्र शर्मा, चंचल सैनी, सत्यनारायण सैनी, गिरधारी लाल शर्मा, पूर्व पार्षद सतीश सैनी, कुलदीप जोशी, रूपनारायण शर्मा, मंजू शर्मा, द्रोपदी देवी, कृष्णा सैनी, विमला जांगिड़, राजू शर्मा, शारदा देवी, सुनीता देवी समेत काफी लोग शामिल थे।
मध्यप्रदेश राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण जबलपुर के आदेशानुसार 14 मार्च (शनिवार) को नेशनल लोक अदालत का आयोजन किया जा रहा है। नेशनल लोक अदालत में बीएसएनएल द्वारा उपभोक्ताओं की सुविधा हेतु जिला न्यायालय इंदौर एवं तहसील महू में बकाया लैंडलाइन, ब्रॉडबैंड, एफटीटीएच सहित मोबाइल पोस्टपेड बिल संबंधित प्रीलिटिगेशन प्रकरणों का निपटान किया जाएगा। बीएसएनएल के उपभोक्ताओं द्वारा अपने बकाया बिलों की राशि लोक अदालत में जमा करने पर उन्हें नियमानुसार 10 से 50% की आकर्षक छूट का लाभ दिया जाएगा। उपभोक्ताओं के अनुरोध पर उन्हें पुनः लीज्ड सर्किट, लैंडलाइन, ब्रॉडबैंड एवं एफटीटीएच सहित मोबाइल सेवाएं प्रदाय की जाएंगी । बीएसएनएल के उपभोक्ता अपने बिल संबंधित प्रकरणों का बीएसएनएल नेहरू पार्क स्थित कार्यालय के राजस्व अनुभाग में भी व्यक्तिगत रूप से उपस्थित होकर समाधान/निपटान करवा सकते हैं।
संभल में जमीन विवाद को लेकर हुए झगड़े के बाद एक युवक ने कथित तौर पर दबंगों की पिटाई से आहत होकर आत्महत्या कर ली। पुलिस ने शाम 6 बजे शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा है। घटना संभल जिले की गुन्नौर तहसील के जुनावई थाना क्षेत्र के नंदपुर गांव की है। सोमवार दोपहर डायल 112 पर सूचना मिलने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची, लेकिन तब तक परिजनों ने फांसी पर लटके युवक को नीचे उतार लिया था। मृतक की पहचान 32 वर्षीय अशोक यादव पुत्र मोकम सिंह के रूप में हुई है। उसे सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। अशोक यादव अपने पीछे पत्नी रौनवती और तीन बच्चों प्रिंस, अंशु और अंजलि को छोड़ गए हैं। उनके दो भाई धर्मवीर और अवधेश कुमार सिंह हैं। युवक की मौत के बाद परिवार में मातम छा गया। पुलिस के अनुसार, मृतक की मां कमलिया और गांव निवासी नवाब सिंह पुत्र हजारी के बीच 450 गज के एक प्लॉट पर कब्जे को लेकर विवाद चल रहा था। थाना प्रभारी अखिलेश प्रधान ने बताया कि वर्ष 2018 में मृतक की मां ने यह प्लॉट नवाब सिंह को बेचा था, लेकिन अब कब्जा करने को लेकर विवाद हो रहा है। थाना प्रभारी ने यह भी बताया कि मृतक के परिवार के लोग कभी उस जमीन पर पशु बांध देते हैं तो कभी किसी अन्य तरीके से विवाद पैदा करते हैं। उन्होंने कहा कि मामले की जांच की जा रही है और पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी। अभी तक परिजनों की ओर से कोई औपचारिक शिकायत दर्ज नहीं कराई गई है। मृतक के भाई अवधेश कुमार सिंह ने आरोप लगाया कि नवाब सिंह ने उनके भाई अशोक के साथ मारपीट की थी। उन्होंने कहा, “किसी बात से परेशान होकर मेरे भाई ने फांसी लगा ली। पुलिस ने हमारे परिवार के तीन लोगों को थाने में बिठा लिया था और अशोक घर पर अकेला था। इन लोगों ने उसके साथ क्या किया, इसकी हमें कोई जानकारी नहीं है।”
बाबा काल भैरव का वार्षिक श्रृंगार महोत्सव:50 क्विंटल फूल से सजा दरबार, 56 प्रकार कर लगा भोग..VIDEO
काशी के कोतवाल बाबा काल भैरव का वार्षिक श्रृंगार महोत्सव मनाया जा रहा है। सोमवार को इस उपलक्ष्य में भंडारे का भी आयोजन किया गया। इस अवसर पर बाबा की दुल्हा स्वरूप में सजाई गये। मंदिर के प्रांगण को फूल-मालाओं, कामिनी की पत्ती एवं देशी विदेशी फूलों से इस प्रकार से सजाया गया कि दर्शन करने आए श्रद्धालु भाव विभोर हो गए हैं। देखें तस्वीर मंदिर के बाहर दिखी लाइन बाबा को पंचमेवा स्नान कराया गया और उन्हें वस्त्र पहनाकर मनमोहक झांकी सजाई गई। इसके बाद मंदिर का दरबार भक्तों के लिए खोला गया। बाबा के दर्शन पाने के लिए उनके भक्त लंबी कतार में खड़े रहे। घंटों कतार में खड़े होने के बाद जब भक्तों को बाबा कालभैरव के दर्शन प्राप्त हुए तो उनके रूप ने सभी को भाव विभोर कर दिया। इतना ही नही कपाट खुलते ही भक्तों ने बाबा के जयकारे से समूचा क्षेत्र बाबा मय हो गया। 50 क्विंटल फूल से सजा दरबार दोपहर में बाबा के गर्भगृह में दर्शन करने के लिए 1 किलोमीटर लंबी लाइन लगी। मंदिर के प्रवेश द्वारा पर गुफा बनाया गया है। मंदिर को 50 क्विंटल फूल और फलों से सजाया गया है। 56 प्रकार का भोग लगाया गया। दोपहर तक करीब 1 लाख लोगों ने बाबा का दर्शन कर लिया था। शाम को बाबा की महा आरती होगी। पूरा मंदिर बाबा के जयकारों से गूंजता रहा।
रणथंभौर में लंबे समय बाद एक बार फिर से टाइगर के गले में रेडियो कॉलर नजर आएगा। सोमवार शाम को वन विभाग की टीम ने टाइगर आरबीटी 2407 को ट्रेंकुलाइज किया और टाइगर को रेडियो कॉलर लगाया गया। इसके बाद टाइगर को जंगल में छोड़ दिया गया। रणथंभौर टाइगर रिजर्व फर्स्ट के डीएफओ मानस सिंह ने बताया कि रणथंभौर का युवा टाइगर आरबीटी 2407 पिछले दो दिन से पेरीफेरी वाले इलाकों में आ रहा था। बीते दिन यह टाइगर होटल नारगढ़ के पास वन विभाग की नर्सरी में पहुंच गया था। इसके बाद रात के अंधेरे में टाइगर ने फिर से जंगल का रुख किया था। सुबह होते ही आरबीटी 2407 में पेरीफेरी वाले इलाके रामसिंहपुरा गांव में दस्तक दी। यहां से टाइगर रामसिंहपुरा के खेतों में पहुंच गया। इससे एक बारगी यहां हड़कंप मच गया। टाइगर को खेतों में घूमता देख लोगों में दहशत का माहौल बन गया। लोगों ने इसकी सूचना वन विभाग को दी। सूचना मिलने के बाद वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची। यहां पहुंचकर वन विभाग की टीम ने कड़ी मशक्कत के बाद टाइगर को ट्रेंकुलाइज किया। टाइगर को ट्रेंकुलाइज करने के बाद वेटरनरी डॉक्टर्स की टीम ने टाइगर का मेडिकल परीक्षण किया। इसके बाद टाइगर को रेडियो कॉलर लगाकर जंगल में छोड़ दिया गया। टाइगर आरबीटी-2407 रणथंभौर का एक सब एडल्ट टाइगर है और टाइगर आरबीटी-2407 टाइग्रेस 93 का बेटा है।
रेवाड़ी में दुकानदारों ने चार महिला चोरों को कपड़ा चोरी करते रंगे हाथों पकड़ लिया। दो महिलाएं दुकान के अंदर कपड़ा देखने लगी और एक बाहर खड़ी हो गई। चौथी महिला पास में एक बीज की दुकान पर बैठ गई। जब दो महिलाएं कपड़ा देख रही थी तो बाहर खड़ी महिला कपड़ा चोरी कर दूसरी दुकान पर बैठी महिला को देती रही। बीज की दुकान पर काम करने वाले युवक ने कपड़ा चोरी करते देख लिया और दुकानदार को सूचना दी। जिसके बाद दुकानदारों ने एकत्रित होकर कपड़ा चोर महिलाओं को चोरी के कपड़े के साथ रंगें हाथों पकड़ लिया। जिसके बाद उन्हें पुलिस को सौंप दिया। चार महिला चोरों के रंगें हाथों पकड़े जाने के बाद चोरी की कई वारदातों से पर्दा उठने की उम्मीद बनी है। नया बाजार की घटना नांगल पठानी निवासी राजसिंह ने बताया कि उसकी नया बाजार में कपड़े की दुकान है। सोमचार शाम को चार महिलाएं कपड़ा खरीदने के बहाने दुकान पर आई। दो महिलाएं दुकान के अंदर कपड़ा देखने लगी और एक बाहर खड़ी हो गई। एक महिला पड़ोसी में बीज की दुकान पर जाकर बैठ गई। दुकान के अंदर बैठी महिलाएं कपड़ा देखने का बहाना करती रही और बाहर खड़ी कपड़ा चुराकर दूसरी दुकान पर बैठी अपनी साथी महिला को कपड़ा देती रही। पड़ोसी की दुकान पर काम करने वाले युवक यह सब देख रहा था तथा उसने घटना की जानकारी हमें दी। आसपास के दुकानदार बुलाए चोरी का पता चलने के बाद राजसिंह ने आसपास के दुकानदारों को इकट्ठा कर लिया। जिसके बाद चोरों महिलाओं को चोरी किए गए कपड़े के साथ रंगें हाथों पकड़ा और घटना की सूचना पुलिस को दी। सूचना के बाद एसआई विनोद पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचकर चोरों महिलाओ के खिलाफ केस दर्ज कर गिरफ्तार कर लिया। जिनकी पहचान गुरूग्राम के धनकोट निवासी अंजली, गीता, एकता और मंजीत देवी के रूप में हुई। आरोपी महिलाएं मंगलवार को कोर्ट में पेश की जाएंगी।
दीनदयाल उपाध्याय गोरखपुर विश्वविद्यालय की कुलपति प्रो. पूनम टंडन ने सोमवार को “हैंडबुक ऑन लेबर: इमर्जिंग चैलेंजेज, रियलिटीज एंड फ्यूचर” और “मीडिया एंड टेलीकम्युनिकेशन: लीगल प्रिंसिपल्स फॉर द डिजिटल ऐज” किताब का विमोचन किया। हैंडबुक का संपादन डॉ. वंदना सिंह, जूही दुबे और देव धर दुबे ने किया है। जबकि प्रकाशन इंटीग्रिटी एजुकेशन इंडिया की ओर से किया गया है। खास बात यह कि इस किताब की प्रस्तावना कुलपति प्रो. पूनम ने ही लिखी है।वहीं मीडिया एंड टेलीकम्युनिकेशन का संपादन लॉ शोधकर्ता देव धर दुबे ने किया है। लेबर से जुड़े मुद्दे पर शोध की आवश्यकता बढ़ी- कुलपतिइस अवसर पर उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में श्रम से जुड़े मुद्दों पर गंभीर शोध और सार्थक विमर्श की आवश्यकता पहले से कहीं अधिक बढ़ गई है। आर्थिक परिवर्तन, तकनीकी प्रगति और बदलते कार्य-परिवेश के कारण श्रमिकों के अधिकारों और उनके कल्याण से जुड़े प्रश्न लगातार नए रूप में सामने आ रहे हैं। किताब के संपादकों ने बताया कि यह हैंडबुक भारत में श्रम कानूनों और नीतियों के सामने मौजूद उभरती चुनौतियों, जमीनी वास्तविकताओं और भविष्य की संभावनाओं का व्यापक विश्लेषण प्रस्तुत करती है। किताब में श्रम कल्याण, सामाजिक सुरक्षा, रोजगार संबंधों और तेजी से बदलती अर्थव्यवस्था में श्रमिकों को प्रभावित करने वाले विकसित होते कानूनी ढांचे जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विद्वानों के विचारों को शामिल किया गया है। डॉ. वंदना सिंह ने कहा कि यह पुस्तक श्रम कानून और सामाजिक न्याय के क्षेत्र में अध्ययन करने वाले छात्रों, शोधार्थियों, नीति-निर्माताओं और विधि विशेषज्ञों के लिए एक महत्वपूर्ण संदर्भ सामग्री साबित होगी। इस दौरान विधि विभाग के अध्यक्ष प्रो. चंद्रशेखर, प्रो. जितेंद्र मिश्र सहित विभाग के अन्य शिक्षक और शोधार्थी मौजूद रहे। मीडिया और दूरसंचार कानून से जुड़ी किताब का भी हुआ विमोचन इसी के साथ कुलपति ने “मीडिया एंड टेलीकम्युनिकेशन: लीगल प्रिंसिपल्स फॉर द डिजिटल ऐज” पुस्तक का भी लोकार्पण किया। यह किताब युवा विधि शोधकर्ता देव दुब ने लिखी है। डिजिटल युग में मीडिया और दूरसंचार कानून से जुड़े महत्वपूर्ण सिद्धांतों को केंद्र में रखकर लिखी गई यह किताब विद्यार्थियों, शोधार्थियों और विधि जगत से जुड़े लोगों के लिए उपयोगी मानी जा रही है। पुस्तक की प्रस्तावना विधि शिक्षाविद डॉ. आशा वर्मा ने लिखी है।
दमोह में मवेशी चोरी के 5 संदिग्ध पकड़ाए:सभी आरोपी जबलपुर के रहने वाले, एक वाहन भी जब्त
दमोह जिले के जबेरा थाना अंतर्गत सिंग्रामपुर चौकी क्षेत्र में ग्रामीणों ने मवेशी चोरी के शक में पांच संदिग्धों को पकड़ा है। उनके पास से एक वाहन भी जब्त किया गया है। यह घटना रविवार रात की है, जिसकी जानकारी पुलिस ने सोमवार शाम को दी। पकड़े गए सभी आरोपी जबलपुर के रहने वाले बताए जा रहे हैं। बताया जा रहा है कि आरोपी दिन में दोपहिया वाहनों से गांवों में घूमकर रेकी करते थे और रात में बड़े वाहन लाकर मवेशी चुरा ले जाते थे। 5 मार्च को सिंग्रामपुर के मोतीलाल यादव की दो भैंस चोरी हुई थीं, जिसके बाद एक ऑटो में संदिग्ध लोग सीसीटीवी में कैद हुए थे। रविवार रात जब वही वाहन दोबारा क्षेत्र में दिखा, तो ग्रामीणों ने पीछा करके सांवरा गांव के पास उसे घेर लिया। लाखों का हुआ नुकसान क्षेत्र के गांवों में पिछले दो-तीन महीनों से भैंस चोरी की वारदातें लगातार बढ़ रही थीं। ग्रामीणों के अनुसार अब तक करीब 10 से 15 भैंस चोरी हो चुकी हैं। ग्राम अलोनी के गोलू यादव की सात भैंस, विनोद यादव की तीन और धनेटा निवासी कैलाश झारिया के बाड़े से तीन भैंस चोरी हुई थीं। इन घटनाओं से मवेशी मालिकों को लाखों रुपए का नुकसान हुआ है। पुलिस की जांच और टीम रवाना जबेरा थाना प्रभारी विकास सिंह चौहान ने बताया कि ग्रामीणों ने पांच लोगों को पुलिस के हवाले किया है। उनके पास से छोटा हाथी वाहन और मवेशी बांधने वाली रस्सियां मिली हैं। चोरी गई भैंसों को बरामद करने के लिए 10 पुलिसकर्मियों की एक टीम भैंस मालिकों के साथ जबलपुर भेजी गई है। मवेशियों की बरामदगी के बाद आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
विदिशा के जैन महाविद्यालय परिसर में 11 से 16 मार्च तक पंचकल्याणक प्रतिष्ठा महामहोत्सव और विश्व शांति महायज्ञ का आयोजन किया जाएगा। इस दौरान शीतलधाम में विराजमान भगवान आदिनाथ की प्रतिमा को नवनिर्मित श्री आदिनाथ दिगंबर जैन मंदिर में स्थापित किया जाएगा और 16 नवीन जिन प्रतिमाओं की पंचकल्याणक प्रतिष्ठा संपन्न होगी, जिसके लिए तैयारियां कर ली गई हैं। यह महोत्सव संत शिरोमणि आचार्य विद्यासागर जी महामुनिराज के परोक्ष और आचार्य समयसागर जी महामुनिराज के मंगल आशीर्वाद से संपन्न किया जा रहा है। कार्यक्रम निर्यापक श्रमण मुनि संभवसागर महाराज, मुनि निस्सीम सागर और मुनि संस्कार सागर ससंघ के सान्निध्य में होगा। इसका निर्देशन प्रतिष्ठाचार्य बाल ब्रह्मचारी विनय भैया बंडा करेंगे। मुनि संभवसागर बोले- व्यवस्थाएं और कानून समान हों निर्यापक श्रमण मुनि संभवसागर महाराज ने अपने संबोधन में समान नागरिक संहिता के विषय पर जोर दिया। उन्होंने कहा, यदि देश में सभी धर्म समान हैं और सभी को समान अधिकार प्राप्त हैं, तो व्यवस्थाएँ और कानून भी सभी के लिए समान होने चाहिए। राष्ट्र एक है तो कानून भी सभी नागरिकों के लिए समान होना चाहिए। 2014 में विदिशा से ही दिया था 'भारत कहो' का संदेश मुनि संभवसागर महाराज ने बताया कि वर्ष 2014 के चातुर्मास के दौरान विदिशा से ही आचार्य विद्यासागर जी महाराज ने इंडिया नहीं भारत कहो का संदेश दिया था। उन्होंने स्मरण कराया कि प्राचीन काल में भारत विश्व व्यापार का प्रमुख केंद्र था, जिसकी हिस्सेदारी लगभग 27 प्रतिशत थी, इसी कारण भारत को सोने की चिड़िया कहा जाता था। धर्म की राजनीति करना उचित नहीं राजनीति पर विचार व्यक्त करते हुए मुनि श्री ने कहा, “राजनीति में धर्म का समावेश होना चाहिए, लेकिन धर्म की राजनीति करना उचित नहीं है।” उन्होंने कहा कि देश में सभी धर्मों को समान सम्मान मिलना चाहिए और समाज में सौहार्द की भावना हमेशा बनी रहनी चाहिए। भारत टाल सकता है युद्ध का संकट विश्व में युद्ध के हालात पर मुनि श्री ने कहा कि कुछ राष्ट्राध्यक्षों के अहंकार के कारण विश्व युद्ध जैसी स्थिति बन रही है, लेकिन भारत इस संकट को टालने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है। उन्होंने कहा कि भारत सदैव शांति का दूत रहा है। यह भगवान महावीर और गौतम बुद्ध की भूमि है, जहाँ से दुनिया में अहिंसा का संदेश गया है। सरकार मान रही है आचार्य गुरुदेव के सुझाव मुनि श्री ने बताया कि आचार्य विद्यासागर जी महाराज सदैव समान नागरिक संहिता के समर्थक रहे और उन्होंने देश के शीर्ष नेतृत्व को सकारात्मक सुझाव भी दिए थे। उन्होंने बताया कि आचार्य गुरुदेव द्वारा नई शिक्षा नीति पर दिए गए सुझावों, जैसे हिंदी भाषा को बढ़ावा और रोजगारोन्मुखी शिक्षा पर भी भारत सरकार कार्य कर रही है। 6 दिन तक चलेंगी मोक्ष तक की धार्मिक क्रियाएं जैन समाज के प्रवक्ता अविनाश जैन ने बताया कि 11 से 16 मार्च तक चलने वाले इस महोत्सव में भगवान के गर्भ कल्याणक से लेकर जन्म, तप, दीक्षा, केवलज्ञान और मोक्ष तक की सभी क्रियाएं होंगी। पंचकल्याणक प्रतिष्ठा का यह पूरा आयोजन जैन धर्म की प्राचीन परंपराओं के अनुसार ही संपन्न किया जाएगा। विश्व शांति के लिए होगा महायज्ञ पंचकल्याणक समिति के स्वागताध्यक्ष संजय सेठ ने बताया कि वर्तमान में विश्व की परिस्थितियाँ चिंताजनक हैं और कई देशों के बीच युद्ध की स्थिति है। इसे देखते हुए महोत्सव में विश्व शांति महायज्ञ हो रहा है, ताकि दुनिया में शांति और सौहार्द की कामना की जा सके। मुनि श्री ने भी कहा कि जब तक व्यक्ति के मन में शांति नहीं होगी, दुनिया में भी शांति स्थापित नहीं हो सकती।
मध्य प्रदेश के इंदौर में सोमवार शाम 7 बजे के करीब 2 मजदूरों पर निर्माणाधीन बिल्डिंग गिर गई। मलबे में दो सगे भाई दब गए। हादसे के बाद घायलों को आसपास के लोगों ने रेस्क्यू किया। मामला थाना बाणगंगा क्षेत्र के भवानी नगर का है। जानकारी के मुताबिक मकान मालिक का नाम मनीष जैन है। मकान रोड से नीचा हो जाने के कारण मकान के डिस्मेंटल का ठेका सुरेंद्र सिसोदिया को दिया था। यहां काम करते वक्त सतीश ठाकरे (25) और सोनू ठाकरे (22) मलबे में दब गए। दोनों मजदूर देवास जिले के फतेहगढ़ के पिपलिया गांव के रहने वाले हैं। मामले की जानकारी मिलते ही नगर निगम के एडिशनल कमिश्नर प्रखर सिंह भी मौके पर पहुंचे और पूरे घटनाक्रम की जानकारी लेते हुए अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए। फिलहाल निगम की टीम मौके पर स्थिति का जायजा लेकर आगे की कार्रवाई में जुटी हुई है। खबर लगातार अपडेट हो रही है…
उत्तर प्रदेश महिला आयोग की सदस्य गीता विश्वकर्मा ने सोमवार को वाराणसी के सर्किट हाउस सभागार में जन सुनवाई की। इस दौरान कुल 21 प्रकरण आये। जिसमें अधिकतर प्रकरण घरेलू हिंसा, जमीनी विवाद एवं बच्चे के बर्थ सर्टिफिकेट से संबंधित थे। आयोग की सदस्या गीता विश्वकर्मा ने महिलाओं की समस्याओं के निस्तारण के लिए प्रार्थना पत्रों को संबंधित विभाग को उपलब्ध कराते हुए सभी अधिकारियों को निर्देशित किया कि महिलाओं की समस्याओं का संज्ञान लेते हुए उसका निस्तारण नियमानुसार तय समय में किया जाए। इसके अलावा गीता विश्वकर्मा ने हर बार की तरह इस बार भी इसकेजिला कारागार के महिला बंदी सेल में जाकर महिला कैदियों की व्यवस्थाओं का जायजा लिया। जिला चिकित्सालय वन स्टॉप सेंटर पहुंचकर महिलाओं का हाल चाल लिया और उनके बारे में जाना। वहीं उन्होंने इस दौरान कहा की यदि महिला आयोग के निर्देशों का पालन नहीं हुआ तो संबंधित अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई होगी। 21 मामलों का हुआ निस्तारण राज्य महिला आयोग की सदस्य गीता विश्वकर्मा ने बताया - अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के उपलक्ष्य में खास जन सुनवाई आ कराई जा रही है। जिसमें कुल 21 प्रकरण आये हैं। जिसमें जमीन के और घरेलू हिंसा के मामले ज्यादा हैं। इसके लावा 4 बच्चों की स्कालरशिप फ्री की गई है। जमीन के मामले आये ज्यादा गीता विश्वकर्मा ने बताया - जमींन के मामले कम से कम 4 से 5 आये हैं। एक पुराने मामले शारदा देवी के नाम से आया है। जबकि उसमे राज्य महिला आयोग ने कब्जा देने की बात कही थी। आरोप है कि पुलिसिया कार्रवाई की शिथिलता की वजह से उसे आज तक कब्जा नहीं मिला जबकि आप का ऑर्डर दिखा चुका है। इस सवाल पर गीता विश्वकर्मा बगलें झांकने लगी । लापरवाह अफसरों पर गिरेगी गाज गीता विश्वकर्मा ने यह क्लियर किया कि - यदि कोई अफसर राज्य महिला आयोग के सदस्यों का निर्देश अनुपालित नहीं करवाता है। तो उसपर कार्रवाई होगी और उसकी जवादेही तय होगी। यदि अदालत के केस की अवहेलना है तो यह बड़ा जुर्म है महिलाओं की बदली सोच गीता ने कहा - पिछले कुछ सालों में नारी सशक्त हुई है। पहले लोक लाज और सम्मान के कारण महिलाऐं नहीं बताती थीं और प्रतड़ना सहती थीं। वह खत्म हो गया है। लोग भी पढ़े लिखे हो गए हैं और उन्हें जानकारियां है तो वो पीछे नहीं हटते । लेकिन अक्सर सुना है कि थानों में पैसे के बल पर एकतरफा कार्य कर रहे थे।
अयोध्या में महिला आयोग की जनसुनवाई:जमीन विवाद, छेड़छाड़ और घरेलू हिंसा समेत 18 शिकायतें दर्ज
उत्तर प्रदेश राज्य महिला आयोग की सदस्य रितु शाही ने सोमवार को अयोध्या में महिलाओं की समस्याओं को सुनने के लिए जनसुनवाई की। सर्किट हाउस में आयोजित इस जनसुनवाई में बड़ी संख्या में महिलाएं अपनी शिकायतें लेकर पहुंचीं और आयोग के समक्ष अपनी समस्याएं रखीं। आयोग की सदस्य ने एक-एक मामले को गंभीरता से सुना और संबंधित अधिकारियों को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश भी दिए। जमीन विवाद और घरेलू हिंसा के मामले ज्यादा जनसुनवाई के बाद रितु शाही ने बताया कि आज कुल 18 शिकायतें दर्ज की गई हैं। इनमें जमीन से जुड़े विवाद, छेड़छाड़, घरेलू हिंसा और साइबर अपराध से संबंधित मामले शामिल हैं। उन्होंने कहा कि कई मामलों में पारिवारिक विवाद भी सामने आए हैं, जिनके समाधान के लिए संबंधित विभागों को निर्देश दिए गए हैं। आयोग का उद्देश्य महिलाओं को न्याय दिलाना और उनकी समस्याओं का जल्द से जल्द समाधान कराना है। सरकारी योजनाओं की दी गई जानकारी जनसुनवाई के दौरान महिलाओं को सरकार की विभिन्न योजनाओं के बारे में भी जानकारी दी गई। रितु शाही ने बताया कि विशेष रूप से बेटी बचाओं बेटी पढ़ाओ और मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना जैसी योजनाओं के बारे में महिलाओं को जागरूक किया गया, ताकि वे इन योजनाओं का लाभ उठा सकें। उन्होंने बताया कि महिला आयोग की टीम ग्रामीण क्षेत्रों में भी लगातार जाकर महिलाओं को उनके अधिकारों और सरकारी योजनाओं के प्रति जागरूक कर रही है। साथ ही महिलाओं को उनकी सुरक्षा, शिक्षा और स्वास्थ्य के प्रति भी जागरूक किया जा रहा है, ताकि समाज में महिलाओं की स्थिति और मजबूत हो सके। महिलाओं के सशक्तिकरण पर सरकार का फोकस रितु शाही ने कहा कि सरकार महिलाओं की सुरक्षा और सशक्तिकरण को लेकर लगातार काम कर रही है। महिला आयोग भी इसी दिशा में सक्रिय भूमिका निभा रहा है, ताकि पीड़ित महिलाओं को समय पर न्याय मिल सके और उनकी समस्याओं का समाधान हो सके।
कोटपूतली-बहरोड़ पुलिस ने अवैध बजरी खनन के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस ने बनाड़ी बांध रामपुरा क्षेत्र में सघन चेकिंग अभियान के दौरान खनन में प्रयुक्त 5 एलएंडटी (पोकलेन) मशीनें, 2 ट्रेलर और 2 डंपर समेत 9 वाहन जब्त किए गए हैं। कोटपूतली-बहरोड़ एसपी देवेंद्र कुमार बिश्नोई ने बताया कि जिले में अवैध खनन के खिलाफ विशेष अभियान चलाया जा रहा है। इस अभियान को प्रभावी बनाने के लिए एएसपी नाजिम अली के सुपरविजन और वृत्ताधिकारी कोटपूतली राजेंद्र कुमार बुरड़क के नेतृत्व में पुलिस टीमों का गठन किया गया था। इन टीमों में प्रागपुरा एसएचओ भजनाराम, भाबरू एसएचओ रामकिशोर, सरुंड एसएचओ यशपाल, बानसूर एसएचओ राजेश कुमार और विराटनगर एसएचओ सोहनलाल शामिल थे। इन अधिकारियों के नेतृत्व में अलग-अलग टीमों ने बनाड़ी बांध रामपुरा क्षेत्र में सघन चेकिंग की। चेकिंग के दौरान, अवैध बजरी खनन में लिप्त 5 एलएंडटी (पोकलेन) मशीनें, दो ट्रेलर और दो डंपर मौके से जब्त किए गए। पुलिस और माइनिंग टीम को देखते ही चालक रात के अंधेरे का फायदा उठाकर वाहनों में भरी बजरी को रास्ते में ही खाली कर फरार हो गए। पुलिस ने सभी जब्त वाहनों के खिलाफ एमएमडीआर एक्ट के तहत मामला दर्ज कर लिया है। इस मामले में आगे की जांच जारी है। एसपी देवेंद्र बिश्नोई ने दोहराया कि जिले में अवैध खनन के खिलाफ भविष्य में भी लगातार अभियान चलाकर सख्त कार्रवाई की जाएगी।
शहर के सिरे मंदिर रोड स्थित शीतला माता मंदिर के पास मेला मैदान में मंगलवार को मेला भरेगा। रविवार को मेले की पूर्व संध्या पर जिला कलेक्टर प्रदीप के.गवांडे ने ध्वजारोहण कर मेले की शुरुआत की। उसके बाद जिला कलेक्टर ने शीतला माता के दर्शन कर माला पहनाकर पूजा पाठ किया और आशीर्वाद लिया। उसके बाद नगर परिषद ने स्वागत कार्यक्रम का आयोजन किया। नगर परिषद आयुक्त दिलीप माथुर ने बताया- मेले के लिए एम्बुलेंस और दमकल समेत सभी आवश्यक तैयारी कर ली हैं। आमजन की सुरक्षा को लेकर मेले में करीब 22 सीसीटीवी कैमरे लगाएं गए हैं। जिससे मेले के हर कोने पर नजर रहेगी और पुलिस कंट्रोल रूम से संचालित होगा। ताकि किसी अनहोनी से बचा जा सके। मेले में बड़े मंदिरों की तर्ज पर रेलिंग लगा कर लाइन से जाने की व्यवस्था की है। कोतवाली थानाधिकारी रामेश्वर लाल भाटी ने बताया कि मेले में आमजन की सुरक्षा को लेकर करीब 250 से अधिक जवान तैनात रहेंगे। इसके साथ ही 25 से अधिक जवान ट्रैफिक पुलिस के रहेंगे जो यातायात व्यवस्था संभालेंगे। इसके साथ मेले में एक पुलिस कंट्रोल रूम भी बनाया गया है। 20 जगह LED लाइट रात में आमजन व मेले में लगी दुकानों के उजाले के लिए नगर परिषद के द्वारा 25 की फीट की ऊंचाई पर करीब 20 खंभों पर एलईडी लाइट की व्यवस्था की गई है। प्रत्येक खंभे पर 4 एलईडी लाइट लगी है। इस दौरान एएसपी मोटाराम गोदारा, एसडीएम मनोज कुमार,डीएसपी गौतम जैन, कोतवाली थानाधिकारी रामेश्वर लाल, आयुक्त दिलीप माथुर, अशोक शर्मा,गीता मीणा समेत बड़ी संख्या में शहरवासी मौजूद रहे।
गोरखपुर में केंद्र सरकार द्वारा प्रस्तावित इलेक्ट्रिसिटी (अमेंडमेंट) बिल 2025 के विरोध में 10 मार्च को बिजली कर्मचारी विरोध प्रदर्शन करेंगे। विद्युत कर्मचारी संयुक्त संघर्ष समिति के पदाधिकारियों ने कहा कि बिल को लोकसभा में प्रस्तुत करने की कोशिश के खिलाफ लगभग 27 लाख बिजली कर्मचारी, जूनियर इंजीनियर और इंजीनियर अपने-अपने कार्यस्थलों से बाहर आकर विरोध दर्ज कराएंगे। संघर्ष समिति के पदाधिकारियों पुष्पेन्द्र सिंह ने बताया कि उत्तर प्रदेश के सभी जनपदों में बिजलीघर और विभागीय कार्यालयों के बाहर कर्मचारी प्रदर्शन करेंगे। उन्होंने कहा कि यदि सरकार इस बिल को संसद में पारित कराने का प्रयास करती है तो बिजली कर्मी राष्ट्रव्यापी हड़ताल पर जाने के लिए बाध्य होंगे। दिल्ली में राष्ट्रीय सम्मेलन का आयोजनसंघर्ष समिति के अनुसार नेशनल कोऑर्डिनेशन कमेटी ऑफ इलेक्ट्रिसिटी एम्प्लाइज एंड इंजीनियर्स के आह्वान पर 10 मार्च को दिल्ली स्थित कांस्टीट्यूशन क्लब में राष्ट्रीय सम्मेलन आयोजित किया जाएगा। इसमें विभिन्न राजनीतिक दलों के सांसदों को आमंत्रित किया गया है, जहां उन्हें इलेक्ट्रिसिटी अमेंडमेंट बिल 2025 के प्रावधानों और उसके संभावित प्रभावों के बारे में अवगत कराया जाएगा। बिजली दर बढ़ने की आशंका जताईसंघर्ष समिति का कहना है कि प्रस्तावित बिल में क्रॉस सब्सिडी और सब्सिडी समाप्त करने जैसे प्रावधान शामिल हैं, जिससे किसानों, घरेलू उपभोक्ताओं और गरीब वर्ग के लिए बिजली महंगी होने की आशंका है। पदाधिकारियों का आरोप है कि यह बिल उपभोक्ता, कर्मचारी और किसान विरोधी है। निजीकरण के विरोध में आंदोलन जारीउन्होंने कहा कि केंद्र सरकार इस बिल के माध्यम से बिजली क्षेत्र के निजीकरण का रास्ता तैयार करना चाहती है, जिसका बिजली कर्मचारी लंबे समय से विरोध कर रहे हैं। समिति के अनुसार प्रदेश के बिजली कर्मचारी निजीकरण के विरोध में पिछले 467 दिनों से आंदोलन कर रहे हैं और विभिन्न परियोजनाओं व जनपदों में लगातार प्रदर्शन जारी है। लखनऊ में पारेषण भवन पर भी होगा प्रदर्शनसंघर्ष समिति ने बताया कि 10 मार्च को राजधानी लखनऊ में अपराह्न एक बजे पारेषण भवन पर विरोध प्रदर्शन आयोजित किया जाएगा। इसमें लखनऊ के विभिन्न कार्यालयों के बिजली कर्मचारी, जूनियर इंजीनियर और इंजीनियर बड़ी संख्या में शामिल होंगे। समिति ने प्रदेश के सभी बिजली कर्मियों से प्रदर्शन में अधिक से अधिक संख्या में भाग लेने की अपील की है।
घरेलू गैस सिलेंडर की कीमतों में बढ़ोतरी को लेकर दुर्ग में कांग्रेस ने विरोध प्रदर्शन किया। जिला कांग्रेस कमेटी के पदाधिकारियों ने कार्यकर्ताओं के साथ मिलकर दुर्ग के पटेल चौक पर केंद्र सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए पुतला दहन किया और बढ़ी हुई कीमतों को वापस लेने की मांग की। प्रदर्शन में बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता और पदाधिकारी शामिल हुए। कार्यकर्ताओं ने कहा कि लगातार बढ़ती महंगाई से आम लोगों की परेशानी बढ़ती जा रही है। गैस सिलेंडर महंगा होने से सबसे ज्यादा असर गरीब और मध्यम वर्ग के परिवारों पर पड़ रहा है। बता दें कि गैस सिलेंडर की कीमत बढ़ने के बाद छत्तीसगढ़ के कई जिलों में कांग्रेस की ओर से विरोध प्रदर्शन किए जा रहे हैं। इसी कड़ी में दुर्ग में भी जिला कांग्रेस कमेटी ने पुतला दहन कर केंद्र सरकार के फैसले का विरोध किया प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस नेताओं ने कहा कि घरेलू गैस पहले ही आम लोगों की पहुंच से दूर होती जा रही है। अब एक बार फिर कीमत बढ़ने से रसोई का बजट बिगड़ जाएगा। उनका कहना था कि महंगाई के कारण पहले ही खाने-पीने की चीजें महंगी हो चुकी हैं, ऐसे में गैस की कीमत बढ़ाना आम लोगों पर अतिरिक्त बोझ डालने जैसा है। आम जनता महंगाई से त्रस्त : राकेशदुर्ग ग्रामीण कांग्रेस जिला अध्यक्ष राकेश ठाकुर ने कहा कि केंद्र सरकार महंगाई को लेकर गंभीर नहीं है। गैस सिलेंडर, पेट्रोल और डीजल की कीमतों में लगातार बढ़ोतरी हो रही है, लेकिन आम लोगों को कोई राहत नहीं मिल रही है। उन्होंने कहा कि सरकार को तुरंत बढ़ी हुई कीमतें वापस लेनी चाहिए। सरकार ने महिलाओं की बढ़ाई परेशानी : मुकेशभिलाई कांग्रेस जिला अध्यक्ष मुकेश चंद्राकर ने कहा कि गैस की बढ़ती कीमतों की वजह से महिलाओं को सबसे ज्यादा परेशानी झेलनी पड़ रही है, क्योंकि रसोई का पूरा खर्च उन्हीं के जिम्मे होता है। गैस महंगी होने से घर चलाना और मुश्किल हो जाएगा। उन्होंने कहा कि अगर सरकार ने कीमतें कम नहीं कीं तो कांग्रेस आगे भी विरोध जारी रखेगी। चौक पर जलाया सरकार का पुतलाप्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने केंद्र सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। इसके बाद प्रतीकात्मक रूप से सरकार का पुतला जलाकर अपना विरोध जताया गया। कांग्रेस नेताओं ने कहा कि यह सिर्फ शुरुआत है। अगर आने वाले समय में भी महंगाई कम नहीं हुई और गैस सिलेंडर की कीमतों में राहत नहीं दी गई तो जिले भर में बड़े स्तर पर आंदोलन किया जाएगा। उन्होंने आम लोगों से भी इस मुद्दे पर आवाज उठाने की अपील की।
प्रतापगढ़ में सोमवार को एक बाइक सवार युवक की गोली मारकर हत्या कर दी गई। युवक का शव चौखड़ा जंगल के पास संदिग्ध परिस्थितियों में मिला। बदमाशों ने युवक के कनपटी पर सटाकर गोली मारी है। ग्रामीणों ने सड़क किनारे युवक को बाइक के पास खून से लथपथ हालत में देखा। युवक के शरीर पर गोली लगने के निशान थे। ग्रामीणों ने घटना की सूचना पुलिस को दी। सूचना मिलते ही पुलिस और फॉरेंसिक टीम मौके पर पहुंचकर जांच में जुट गई। मामला दिलीपपुर थाना क्षेत्र का है। पढ़िए पूरा मामला… नगर कोतवाली क्षेत्र के अचलपुर निवासी मोहम्मद आसिफ के रूप में मृतक की पहचान हुई। वह अपने बड़े भाई आरिफ के साथ रहता था। अर्टिका कार चलाकर परिवार का भरण-पोषण करता था। सोमवार सुबह वह बाइक लेकर घर से निकला था। बताया जा रहा है कि शाम करीब पांच बजे चौखड़ा जंगल में बकरी चरा रही एक लड़की ने सड़क किनारे बाइक के पास युवक को खून से लथपथ हालत में पड़ा देखकर शोर मचाया। इसके बाद आसपास के ग्रामीण मौके पर पहुंचे और पुलिस को सूचना दी। कनपटी पर सटाकर मारी गई गोली सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंच गई और घटनास्थल की घेराबंदी कर जांच शुरू कर दी। कुछ ही देर में दीपक भूकर भी फॉरेंसिक टीम के साथ मौके पर पहुंचे और घटनास्थल का निरीक्षण कर अधिकारियों से जानकारी ली। पुलिस के अनुसार आसिफ की कनपटी पर सटाकर गोली मारी गई है। घटना की जानकारी मिलते ही मृतक के परिजन भी मौके पर पहुंच गए और रोने-बिलखने लगे। मृतक के भाई आरिफ ने हत्या के लिए ससुराल पक्ष के लोगों पर आरोप लगाया है। पुलिस का कहना है कि मामले के सभी पहलुओं की गहनता से जांच की जा रही है। शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है और जल्द ही घटना का खुलासा कर आरोपियों को गिरफ्तार करने का दावा किया जा रहा है। स्थानीय लोगों से पूछताछ एसपी दीपक भूकर घटनास्थल पर पहुंचकर पूरे मामले की जानकारी ली। भारी पुलिस बल और फॉरेंसिक टीम ने घटनास्थल का निरीक्षण कर महत्वपूर्ण साक्ष्य जुटाए। पुलिस आसपास के लोगों से पूछताछ कर रही है। मामले के सभी पहलुओं की गहनता से जांच की जा रही है। पुलिस का कहना है कि जल्द ही घटना का खुलासा कर दोषियों को गिरफ्तार किया जाएगा। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। थानाध्यक्ष बलराम सिंह ने बताया- चौखड़ा जंगल के पास युवक की गोली मारकर हत्या की गई है। पुलिस मामले की गंभीरता से जांच कर रही है। जल्द ही घटना का खुलासा कर आरोपियों को गिरफ्तार किया जाएगा।
शिवशक्ति धाम डासना के पीठाधीश्वर व श्रीपंचदशनाम जूना अखाड़े के महामंडलेश्वर यति नरसिंहानंद गिरी ने आज फिर एक विवादित बयान दिया है। अपने बयान में कहा- सलीम पर गाजियाबाद में जिहादियों ने हमला किया, इसी विचारधारा के मानने वालों ने दिल्ली में खटीक समाज के तरुण खटीक का मर्डर किया। सलीम इस्लाम से आए हैं, इस्लाम में सिखाया जाता जाता है कि जिहाद धरती पर न हो तो मोमीन के दिमाग में होता है। हम कुत्ते बिल्लियों की तरह इन जिहादियों की तरफ शिकार हो रहे हैं, हिदुओं निहत्थे मत होओ, हथियार साथ रखो। मुस्लिमों की भीड़ को देखकर भागो मत, यह भाग लिए यह पागल आदमखोद कुत्ते नोच नोच के खा जाएंगे। यदि तुम खड़े हो जाओगे तो तुम इन्हें मार सकते हैं। मुस्लिमों को बताया जिहादी कुत्ते महामंडलेश्वर ने एक वीडियो जारी करके हिन्दुओं से किसी भी परिस्थिति में बिना किसी हथियार के न रहने और अंतिम सांस तक संघर्ष करने के लिए कहा उन्होंने कहा कि सलीम वास्तिक और तरुण खटीक दोनों पर एक ही विचारधारा के लोगों ने जानलेवा हमला किया था। पर सलीम वास्तिक आज जीवित है और तरुण खटीक को मारने में आदमखोर पागल जिहादी कुत्ते सफल हो गए। इसका कारण आधारभूत धार्मिक शिक्षाओं का अंतर है। सलीम वास्तिक का पालन पोषण इस्लाम की शिक्षाओं के अनुसार हुआ और हिन्दुओं की मजबूत खटीक जाति का होते हुए भी तरुण खटीक झूठी धार्मिक शिक्षाओं के कारण लड़ाई के लिए तैयार नहीं था। इसीलिए सलीम वास्तिक ने जमकर हमला करने वाले पागल आदमखोर कुत्तों का मुकाबला किया और तरुण खटीक ये नहीं कर सका।इसी कारण से सलीम वास्तिक आज जीवित हैं और तरुण खटीक की हत्या में आदमखोर पागल कुत्ते सफल हो गए। हिंदुओं बिना हथियार के मत रहो महामंडलेश्वर ने हिन्दू समाज का आह्वान करते हुए कहा कि यदि हिन्दुओं को अब जीवित रहना है तो किसी भी परिस्थिति में निहत्था नहीं रहना है, क्योंकि अब ये पागल आदमखोर कुत्ते कही भी किसी को भी निशाना बना सकते हैं। यदि कोई हिन्दू कभी इनके चंगुल में फंस जाता है तो उसे किसी भी परिस्थिति में भागना नहीं है बल्कि अंतिम सांस तक लड़ना है। क्योंकि भागते हुए पर ये आदमखोर पागल कुत्ते किसी भी प्रकार की कोई दया नहीं दिखाते बल्कि निर्दयता पूर्वक मार देते हैं। उन्होंने यह भी कहा कि हिन्दुओं को स्वयं को भेड़ बकरा नहीं बनना है जो इन पागल आदमखोर कुत्तों की भूख मिटाने का सामान बन जाए।
उत्तर प्रदेश के श्रम एवं सेवायोजन मंत्री मन्नू कोरी रविवार को अयोध्या पहुंचे। यहां उन्होंने सबसे पहले राम जन्मभूमि मंदिर में रामलला के दर्शन-पूजन किए। इसके बाद सर्किट हाउस में में श्रम विभाग के अधिकारियों के साथ बैठक कर विभागीय योजनाओं की समीक्षा की। बैठक में मंत्री ने श्रमिकों के कल्याण से जुड़ी योजनाओं को प्रभावी ढंग से लागू करने के निर्देश दिए। श्रमिकों की योजनाओं की हुई समीक्षा मंत्री मन्नू कोरी ने अधिकारियों से श्रमिकों के लिए संचालित योजनाओं की प्रगति की जानकारी ली। उन्होंने कहा कि सरकार की प्राथमिकता है कि श्रमिकों और उनके परिवारों तक योजनाओं का लाभ समय पर पहुंचे। इसके लिए अधिकारियों को पारदर्शिता और तत्परता के साथ काम करने के निर्देश दिए गए। स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद के सवाल पर भड़के मंत्री बैठक के बाद जब मंत्री मन्नू कोरी मीडिया से बातचीत कर रहे थे, तब उनसे स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद के लखनऊ में होने वाले कार्यक्रम को लेकर सवाल पूछा गया। इस पर मंत्री नाराज हो गए और मीडिया से कहा, “आप लोग अपने हिसाब से काम कीजिए। जिसे जहां जाना है जाए। हमें कोई एतराज नहीं है।” अटल आवासीय योजना से मिल रही शिक्षा मंत्री ने बताया कि प्रदेश के सभी 18 मंडलों में अटल आवासीय योजना संचालित की जा रही है। इस योजना के तहत गरीब और श्रमिक परिवारों के बच्चों को गुरुकुल पद्धति पर शिक्षा दी जा रही है। उन्होंने कहा कि हर वर्ष लगभग एक हजार बच्चों का प्रवेश इन विद्यालयों में कराया जाता है, जिससे श्रमिक परिवारों के बच्चों को बेहतर शिक्षा का अवसर मिल सके। अंतरराष्ट्रीय मुद्दे पर भी दिया बयान अंतरराष्ट्रीय घटनाक्रम पर प्रतिक्रिया देते हुए मंत्री ने अमेरिका और ईरान के बीच चल रहे तनाव पर भी टिप्पणी की। उन्होंने कहा कि जो युद्ध करेगा और जिसकी गलती होगी, वही उसका परिणाम भुगतेगा। साथ ही उन्होंने कहा कि देश को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व पर पूरा भरोसा है।
बिजयनगर पुलिस ने एक अंतर्राज्यीय नकबजनी गिरोह का पर्दाफाश करते हुए तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने इनके कब्जे से चोरी की नकदी और आभूषण बरामद किए हैं। गिरफ्तार बदमाशों के खिलाफ विभिन्न जिलों में करीब 15 आपराधिक मामले दर्ज बताए जा रहे हैं। यह कार्रवाई जिला पुलिस अधीक्षक रतन सिंह (IPS) के निर्देश पर की गई। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक भूपेन्द्र शर्मा (RPS) और वृताधिकारी मसूदा जय सिंह (RPS) के पर्यवेक्षण में थानाधिकारी करण सिंह के नेतृत्व में गठित पुलिस टीम ने इसे अंजाम दिया। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान दौलत धोबी (53), सुनील (58) और राधेश्याम प्रजापत (30) के रूप में हुई है। दौलत धोबी पुत्र भूरालाल धोबी, धोबियों का मोहल्ला कैसरगंज बिजोलिया का निवासी है। सुनील पुत्र हीरालाल, बिजोलिया का रहने वाला है, जबकि राधेश्याम प्रजापत पुत्र दुर्गेश प्रजापत, केसरगंज बिजोलिया (वर्तमान में सकरगढ़ चौराहा बिजोलिया) का निवासी है। पुलिस के अनुसार, दौलत धोबी एक हिस्ट्रीशीटर बदमाश है। पुलिस जांच में सामने आया है कि आरोपी दिन के समय सूने मकानों की रेकी करते थे। रात में वे करीब 200 किलोमीटर दूर से मोटरसाइकिल पर आकर चोरी की वारदातों को अंजाम देते थे। पूछताछ के दौरान आरोपियों ने नकबजनी की कई वारदातों को कबूल किया है। इस गिरोह का खुलासा 1 दिसंबर 2025 को दर्ज एक रिपोर्ट के बाद हुआ। दरबार कॉलोनी, बिजयनगर में किराए पर रहने वाले दुर्गेश कुमार ने बताया कि वे 29 नवंबर को अपने गृह नगर अजमेर गए थे। 1 दिसंबर की रात जब वे घर लौटे, तो मकान का ताला टूटा हुआ मिला। घर से करीब 30 हजार रुपये नकद और सोने-चांदी के आभूषण चोरी हो गए थे। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने तत्काल कार्रवाई की। घटनास्थल और आसपास के सीसीटीवी फुटेज खंगाले गए। इसके साथ ही, हाईवे पर स्थित टोल प्लाजा के कैमरों की भी जांच की गई। तकनीकी साक्ष्यों और मुखबिर की सूचना के आधार पर पुलिस ने आरोपियों की पहचान की। इसके बाद संभावित ठिकानों पर दबिश देकर तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया। नकदी व आभूषण बरामदपुलिस ने आरोपियों की निशानदेही पर करीब 20 हजार रुपये नकद और आभूषणों से बनी छड़/डाली बरामद की है। आरोपियों से अन्य वारदातों के संबंध में भी पूछताछ की जा रही है। पुलिस के अनुसार गिरोह से जुड़े अन्य मामलों की भी जांच जारी है तथा उनसे और वारदातों के खुलासे की संभावना जताई जा रही है।
बिलासपुर समग्र शिक्षा अभियान के तहत जिले के तीन दिव्यांग बच्चों का बिलासपुर हॉस्पिटल में मुफ्त ऑपरेशन किया गया। कलेक्टर संजय अग्रवाल ने मंगला स्थित अस्पताल पहुंचकर बच्चों से मुलाकात की और उनके शीघ्र स्वस्थ होने की कामना की। इस दौरान उन्होंने बच्चों को आवश्यक उपकरण और उपहार भी भेंट किए। जिले के 10 अन्य दिव्यांग बच्चों की भी जल्द ही सर्जरी की जाएगी। कलेक्टर अग्रवाल ने बच्चों के अभिभावकों को लगातार देखभाल के लिए प्रेरित किया। उन्होंने जोर दिया कि उपचार के बाद बच्चों की नियमित देखरेख और थेरेपी बेहद महत्वपूर्ण है ताकि वे पूरी तरह से स्वस्थ हो सकें। ऑपरेशन के लिए 13 बच्चे किये गए चिन्हित समग्र शिक्षा के समावेशी शिक्षा कार्यक्रम के तहत दिव्यांग बच्चों के लिए विभिन्न गतिविधियां आयोजित की जाती हैं। इसी क्रम में प्रतिवर्ष स्वास्थ्य परीक्षण और आकलन शिविर लगाए जाते हैं। वर्ष 2025-26 में विकासखंड और जिला स्तर पर आयोजित ऐसे शिविरों में चिकित्सकों ने कुल 13 बच्चों को शल्य चिकित्सा के लिए चिन्हित किया था। कलेक्टर के निर्देश पर हुआ बचो का स्वास्थ परिक्षण इन बच्चों का समग्र स्वास्थ्य परीक्षण कलेक्टर के निर्देश पर कराया गया और आयुष्मान योजना के तहत उनकी सर्जरी की प्रक्रिया शुरू की गई। मंगला स्थित बिलासपुर हॉस्पिटल में अब तक तीन बच्चों की सफल सर्जरी हो चुकी है। फिजियोथेरेपिस्ट को भी दिए निर्देश इनमें तखतपुर विकासखंड की प्राथमिक शाला अमेरी से पिया पात्रे, कोटा विकासखंड की प्राथमिक शाला लारीपारा से संध्या साहू और बिल्हा विकासखंड की प्राथमिक शाला शहीद भगत सिंह, बंधवापारा से प्रतीश कुमार शामिल हैं।कलेक्टर ने समग्र शिक्षा के तहत कार्यरत ब्लॉक रिसोर्स पर्सन और फिजियोथेरेपिस्ट को भी निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि दिव्यांग बच्चों को नियमित थेरेपी उपलब्ध कराई जाए और समय-समय पर उनके स्वास्थ्य की जानकारी लेने के लिए उनसे मुलाकात की जाए।
राजगढ़ जिला पंचायत की साधारण सभा की बैठक में सोमवार को बिजली कंपनी के अधिकारियों के खिलाफ जनप्रतिनिधियों का खुला आक्रोश देखने को मिला। बैठक में फर्जी मुकदमों और मनमानी वसूली के आरोप लगाते हुए सर्वसम्मति से विभाग के खिलाफ निंदा प्रस्ताव पारित कर उसे शासन को भेजने का निर्णय लिया गया है, वहीं 62 लाख रुपए के जुर्माने और ग्रामीण विकास फंड को लेकर भी चर्चा की गई। जिला पंचायत सभाकक्ष में आयोजित बैठक में सोमवार को पहली बार बिजली कंपनी के अधिकारियों के खिलाफ सदस्यों का कड़ा रुख नजर आया। बैठक के दौरान बिजली कंपनी के एसई सुनील कुमार खरे, ब्यावरा के डीई प्रहलाद क्षेत्र सहित पूरे विभाग के कार्य व्यवहार को लेकर कड़ी नाराजगी जताई गई। जैसे ही बिजली कंपनी के कामकाज की समीक्षा का क्रम आया, कुरावर क्षेत्र के जिला पंचायत सदस्य खुर्शीद मेव ने प्रकरण रखते हुए कंपनी पर गलत कार्रवाई के आरोप लगाए। अध्यक्ष बोले- झूठे मामले बनाकर की जा रही अनलीगल वसूली जिला पंचायत अध्यक्ष चंदरसिंह सौंधिया ने सख्त लहजे में कहा, “बिजली कंपनी के अधिकारियों का रवैया जनप्रतिनिधियों, उपभोक्ताओं और किसानों के प्रति ठीक नहीं है।” उन्होंने आरोप लगाते हुए कहा, विभाग लीगल-अनलीगल वसूली में लगा हुआ है और बिजली चोरी के नाम पर लोगों को बेवजह उलझाया जा रहा है। उन्होंने आगे कहा, कई ऐसे लोगों पर भी प्रकरण बना दिए गए, जिनके नाम जमीन या मोटर तक नहीं है। केवल ऊपर अधिकारियों की पीठ थपथपवाने और प्रशंसा पाने के लिए उपभोक्ताओं को परेशान किया जा रहा है, जो बिल्कुल भी स्वीकार नहीं किया जाएगा। सर्वसम्मति से पारित हुआ निंदा प्रस्ताव अध्यक्ष सौंधिया के साथ ही अन्य जिला पंचायत सदस्यों ने भी बिजली कंपनी की कार्यप्रणाली पर अपनी कड़ी नाराजगी व्यक्त की। इसके बाद सभी सदस्यों की सहमति से बिजली कंपनी के अधिकारियों के खिलाफ निंदा प्रस्ताव पारित कर शासन को भेजने का निर्णय लिया गया। इस बैठक में राजगढ़ विधायक अमर सिंह यादव, खिलचीपुर विधायक हजारीलाल दांगी, जिला पंचायत उपाध्यक्ष पर्वत यादव सहित सभी सदस्य और अधिकारी मौजूद रहे। 4 माह बंद क्रेशर पर 12 महीने का 62 लाख जुर्माना लगाने पर सवाल बैठक में अध्यक्ष चंदरसिंह सौंधिया ने मलावर के समीप ग्राम खेड़ी निवासी कृष्णपाल सिंह की क्रेशर मशीन पर लगाए गए जुर्माने का मुद्दा भी प्रमुखता से उठाया। उन्होंने अधिकारियों से सवाल किया कि जिस क्रेशर मशीन को कलेक्टर ने चार माह के लिए बंद किया था, उस पर पूरे 12 माह का 62 लाख रुपए का जुर्माना क्यों लगाया गया। अध्यक्ष ने इसे पूरी तरह से मनमानी कार्रवाई बताते हुए संबंधित अधिकारियों से बैठक में स्पष्ट जवाब मांगा। सुदूर सड़कों की स्वीकृति में जिपं सदस्यों की सहमति जरूरी बैठक में 'विकसित भारत-जी राम जी योजना' के तहत आने वाले ग्रामीण विकास फंड को लेकर भी विस्तार से चर्चा हुई। सदस्यों ने सुझाव दिया कि सुदूर सड़कों की स्वीकृति संबंधित क्षेत्र के जिला पंचायत सदस्य की सहमति से ही दी जानी चाहिए। सभी सदस्यों की सहमति के बाद इस संबंध में भी बैठक में एक प्रस्ताव तैयार कर लिया गया है।
शहर के लसूड़िया थाना क्षेत्र में रहने वाली एक डेंटिस्ट महिला डॉक्टर ने भोपाल निवासी युवक पर शादी का झांसा देकर दुष्कर्म करने का आरोप लगाया है। महिला की शिकायत पर पुलिस ने आरोपी के खिलाफ केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस के मुताबिक 34 वर्षीय पीड़िता लसूड़िया इलाके में रहती है और पेशे से डेंटिस्ट है। उसने शिकायत में बताया कि करीब दो साल पहले उसकी पहचान भोपाल के लालघाटी निवासी विवेक पुत्र विवेक जैन से सोशल मीडिया के जरिए हुई थी। इसके बाद दोनों के बीच व्हाट्सएप पर बातचीत शुरू हुई और संपर्क बढ़ता गया। पीड़िता ने पुलिस को बताया कि दोनों पहले से शादीशुदा थे और अपनी-अपनी पहली शादी खत्म होने के बाद नए जीवनसाथी की तलाश में थे। इसी दौरान विवेक ने उससे शादी करने की बात कही। महिला के हामी भरने के बाद आरोपी कई बार इंदौर आया और शादी का भरोसा देकर उसके साथ शारीरिक संबंध बनाए। महिला का आरोप है कि पिछले करीब आठ महीनों से आरोपी शादी का वादा कर उससे संबंध बना रहा था। कुछ समय पहले महिला को पता चला कि विवेक सोशल मीडिया के जरिए अन्य महिलाओं से भी संपर्क में है और उनसे भी संबंध रखता है। जब उसने इस बात को लेकर विवेक से सवाल किया तो उसने उसे धमकाना शुरू कर दिया। पीड़िता के मुताबिक आरोपी ने उसे सुपारी देकर हत्या करवाने की धमकी दी। इससे महिला और उसकी बुजुर्ग मां डर गईं। बाद में उन्होंने रिश्तेदारों को घटना की जानकारी दी और लसूड़िया थाने पहुंचकर शिकायत दर्ज कराई।
छिंदवाड़ा जिले के अमरवाड़ा थाना क्षेत्र में सोशल मीडिया पर बच्चा चोरी गैंग और सोनपुर माता मंदिर को लेकर अफवाह फैलाने वाले 22 वर्षीय युवक को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। इंस्टाग्राम पर भ्रामक रील डालकर क्षेत्र की शांति और माहौल बिगाड़ने की कोशिश करने वाले इस आरोपी को तहसील न्यायालय में पेश करने के बाद उप जेल अमरवाड़ा भेज दिया गया है। जांच के दौरान पुलिस को पता चला कि अमरवाड़ा थाना क्षेत्र के ग्राम पौनार निवासी 22 वर्षीय निखिल पिता इंद्रकुमार यादव ने अपने मोबाइल से इंस्टाग्राम पर एक रील बनाकर पोस्ट की थी। इस रील में उसने क्षेत्र में बच्चा चोरी गिरोह के आने की झूठी बात कही थी, जिससे लोगों के बीच डर और अफवाह फैल रही थी। पुलिस कर रही थी निगरानी पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, पिछले कुछ दिनों से सोशल मीडिया पर बच्चा चोरी गिरोह को लेकर लगातार भ्रामक पोस्ट और वीडियो डाले जा रहे थे। इससे लोगों में भ्रम का माहौल बन रहा था। इसे देखते हुए छिंदवाड़ा पुलिस सोशल मीडिया पर लगातार निगरानी रख रही थी और लोगों से बिना पुष्टि के कोई भी पोस्ट शेयर न करने की अपील कर रही थी। सोनपुर माता मंदिर मामले में भी पोस्ट की थी भ्रामक जानकारी पुलिस के अनुसार, आरोपी युवक निखिल ने हाल ही में ग्राम सोनपुर के माता मंदिर में झंडा लगाए जाने से जुड़े मामले को लेकर भी सोशल मीडिया पर भ्रामक जानकारी पोस्ट की थी। इस मामले में पुलिस पहले ही आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज चुकी है, इसके बावजूद इस युवक द्वारा सोशल मीडिया पर अफवाह फैलाने का प्रयास किया गया। शांति भंग करने का मामला दर्ज, उप जेल अमरवाड़ा भेजा सोशल मीडिया पर इन हरकतों को देखते हुए अमरवाड़ा पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी निखिल यादव को गिरफ्तार कर लिया। क्षेत्र की शांति भंग करने और भ्रामक पोस्ट फैलाने के आरोप में उसके खिलाफ मामला दर्ज कर उसे तहसील न्यायालय में पेश किया गया, जहां से न्यायालय के आदेश पर उसे उप जेल अमरवाड़ा भेज दिया गया है।
जयपुर की सोलर पैनल बनाने वाली कंपनी इंसोलेशन एनर्जी लिमिटेड के शेयर अब बीएसई और एनएसई के मेनबोर्ड पर आ गए हैं। कंपनी के 1 रुपए अंकित मूल्य के 22,03,94,625 शेयर सोमवार से दोनों बाजारों में कारोबार के लिए उपलब्ध हो गए हैं। कंपनी के मैनेजिंग डायरेक्टर विकास जैन ने कहा- कंपनी पहले बीएसई के एसएमई प्लेटफॉर्म पर थी। हाल ही कंपनी को बीएसई के मेनबोर्ड पर आने और एनएसई के पूंजी बाजार में कारोबार शुरू करने की मंजूरी मिली थी। इसके बाद सोमवार से कंपनी के शेयर दोनों बड़े शेयर बाजारों में खरीदे-बेचे जाने लगे। जयपुर में आयोजित कार्यक्रम में ऊर्जा मंत्री हीरालाल नागर मुख्य अतिथि के रूप में मौजूद रहे। उन्होंने कहा- देश में सौर ऊर्जा क्षेत्र में राजस्थान तेजी से आगे बढ़ रहा है। यहां सोलर मैन्युफैक्चरिंग को बढ़ावा देने के लिए राज्य में अनुकूल औद्योगिक वातावरण विकसित किया जा रहा है। ऊर्जा मंत्री बोले- राज्य में सोलर निर्माण से जुड़े उद्योगों को बढ़ावा दिया जा रहाइस मौके पर जयपुर में आयोजित कार्यक्रम में ऊर्जा मंत्री हीरालाल नागर मुख्य अतिथि के रूप में मौजूद रहे। ऊर्जा मंत्री ने बताया- राजस्थान सौर ऊर्जा क्षेत्र में तेजी से और राज्य में सोलर निर्माण से जुड़े उद्योगों को बढ़ावा दिया जा रहा है। देश में सौर ऊर्जा क्षेत्र में राजस्थान तेजी से आगे बढ़ रहा है। यहां सोलर मैन्युफैक्चरिंग को बढ़ावा देने के लिए राज्य में अनुकूल औद्योगिक वातावरण विकसित किया जा रहा है। इंसोलेशन एनर्जी लिमिटेड जैसी कंपनियां राजस्थान को सोलर मैन्युफैक्चरिंग हब के रूप में स्थापित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं। 5.5 गीगावाट क्षमता के सोलर मॉड्यूल तैयार किए जा रहेकंपनी के चेयरमैन मनीष गुप्ता ने बताया- एसएमई प्लेटफॉर्म से मेनबोर्ड तक का सफर केवल उपलब्धि नहीं, बल्कि बड़ी जिम्मेदारी भी है। कंपनी लगातार तकनीकी नवाचार, उत्पादन क्षमता विस्तार और गुणवत्तापूर्ण उत्पादों से सौर ऊर्जा क्षेत्र में मजबूत उपस्थिति बनाए रखने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने बताया- जयपुर में कंपनी की तीन निर्माण इकाइयों में 5.5 गीगावाट क्षमता के सोलर मॉड्यूल तैयार किए जा रहे हैं। कंपनी मध्य प्रदेश के नर्मदापुरम में सोलर सेल और एल्युमिनियम फ्रेम निर्माण से जुड़ी नई उत्पादन सुविधा विकसित कर रही हैं। कार्यक्रम में जयपुर के पूर्व सांसद रामचरण बोहरा और नेशनल स्टॉक एक्सचेंज के मुख्य प्रबंधक जसवंत जैन भी शामिल हुए। कार्यक्रम में डॉ. श्याम अग्रवाल, अमित गोयल और राजेश गुर्जर सहित कई उद्योग संगठनों के प्रतिनिधि भी मौजूद रहे।
महाराष्ट्र के पुणे में मुंबई बेंगलुरु हाइवे पर एक ट्रक के समुदाय विशेष हेल्पर को गो रक्षकों ने गोबर खाने के लिए मजबूर किया। साथ ही गोरक्षकों ने ट्रक के ड्राइवर पर भी हमला किया। पुलिस ने सोमवार को बताया कि मामले में दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है। पुलिस के मुताबिक घटना पिछले हफ्ते 6 मार्च की है। इस घटना का वीडियो भी सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। पुलिस अधिकारी ने बताया कि तीन आरोपियों ने कथित तौर पर ट्रक ड्राइवर और उसके हेल्पर पर हमला किया, यह आरोप लगाते हुए कि वे नकली कागजों पर भैंसों को ले जा रहे थे। मामले में तीन आरोपी शामिल पुलिस ने कहा कि तीन गोरक्षकों बिपाशा उर्फ आकाश मणिकम, हेमंत गायकवाड़, और विराज सोले ने 6 मार्च की सुबह मुंबई-बेंगलुरु हाईवे पर अंबेगांव के पास भैंसों से भरे एक ट्रक को रोका। उन्होंने कहा कि तीनों ने आरोप लगाया कि वे नकली कागजो पर भैंसों को ले जा रहे थे। इसके बाद ट्रक ड्राइवर और हेल्पर के साथ मारपीट की। हेल्पर ने गोबर खिलाए जाने की जानकारी पहले नहीं दी थी पुणे जिले के अंबेगांव पुलिस स्टेशन के एक अधिकारी ने कहा, हमने शुरू में तीन गौरक्षकों के खिलाफ एक नॉन-कॉग्निजेबल (NC) अपराध दर्ज किया था। उन्होंने बताया कि ड्राइवर ने दावा किया कि उसके और उसके असिस्टेंट के साथ मारपीट की गई थी। बाद में, एक वीडियो ऑनलाइन सामने आया जिसमें तीनों आरोपी असिस्टेंट को गाय का गोबर खाने के लिए मजबूर करते और उसके और उसके धर्म के खिलाफ अपमानजनक बातें करते हुए देखे गए। अधिकारी ने कहा, जब हमने ट्रक हेल्पर से पूछा कि जब NC दर्ज किया गया था तो उसने पुलिस को इस घटना के बारे में क्यों नहीं बताया। पुलिस के मुताबिक हेल्पर ने कहा कि वह डर गया था। बाद में, वीडियो और हेल्पर के बयान के आधार पर, पुलिस ने मणिकम, सोले और गायकवाड़ के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) के तहत FIR दर्ज की गई। अधिकारी ने कहा कि हमने अब तक मणिकम और गायकवाड़ को गिरफ्तार कर लिया है, और आगे की जांच चल रही है।
ब्यावर विधानसभा भाजपा का विशाल कुटुंब सम्मेलन 15 मार्च को आयोजित किया जाएगा। यह कार्यक्रम पूर्व विधायक और भाजपा अजमेर देहात के पूर्व जिलाध्यक्ष देवीशंकर भूतड़ा के नेतृत्व में होगा। सम्मेलन की तैयारियों को लेकर राघव श्री गार्डन में एक बैठक आयोजित की गई। बैठक में कार्यक्रम को सफल और सुव्यवस्थित बनाने के लिए विभिन्न जिम्मेदारियां तय की गईं। पवन जैन को कार्यक्रम संयोजक बनाया गया, जबकि चेतन गोयर, बृजकिशोर शर्मा, शिवप्रकाश सामरिया, करणसिंह रावत, प्रभु सिंह रावत, योगेश शर्मा, कमांडर दाऊसिंह रावत और राजेश्वरी यादव सह-संयोजक नियुक्त किए गए। इसके साथ ही छह मंडल अध्यक्षों को शामिल करते हुए स्वागत समिति का गठन किया गया। पंडाल, भोजन, साज-सज्जा, मंच व्यवस्था, निमंत्रण वितरण और प्रचार-प्रसार सहित कई अन्य समितियों का भी गठन किया गया। बैठक को संबोधित करते हुए देवीशंकर भूतड़ा ने कहा कि 15 मार्च का यह कुटुंब सम्मेलन राजस्थान भाजपा में एक अनूठा कार्यक्रम होगा। इसमें होली के फाग उत्सव के साथ ब्यावर का प्रसिद्ध घूमर नृत्य भी प्रस्तुत किया जाएगा। भूतड़ा ने बताया कि कार्यक्रम के माध्यम से परिवारजनों को भाजपा की विचारधारा से अवगत कराया जाएगा। सम्मेलन में बच्चों और महिलाओं के लिए आकर्षक प्रतियोगिताएं आयोजित की जाएंगी। इसके अतिरिक्त, मनोरंजक कपल गेम्स भी रखे जाएंगे। कार्यक्रम का समापन फूलों की होली और सामूहिक भोज के साथ होगा। भूतड़ा ने जानकारी दी कि प्रदेश नेतृत्व और जनप्रतिनिधियों के साथ-साथ ब्यावर क्षेत्र के विभिन्न समाजों और संस्थाओं के पदाधिकारी, गणमान्य नागरिक और पार्टी के वरिष्ठ कार्यकर्ताओं को अतिथि के रूप में आमंत्रित किया जा रहा है। बैठक में मंडल अध्यक्षों संतोष रावत, रवि चौहान, विजय दगदी, जयसिंह सुहावा, प्रदीप सिंह रावत और कुशाल सिंह रावत ने अपने-अपने मंडलों की तैयारियों की जानकारी दी। वहीं, सुरेश व्यास, संतोष जागृत, सत्येंद्र यादव, बुधराज शर्मा, देवकीनंदन शर्मा, कृष्णा भूतड़ा, सोहन सिंह सूबेदार, निखिलपाल सिंह रावत, अमरचंद कुमावत और दीपक चौहान सहित विभिन्न समितियों से जुड़े सदस्यों ने भी व्यवस्थाओं का ब्यौरा प्रस्तुत किया।
सलूंबर जिला कलेक्ट्रेट में जिला स्तरीय सतत विकास लक्ष्य (SDGs) क्रियान्वयन एवं मॉनिटरिंग समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक में जिले में सतत विकास लक्ष्यों की वर्तमान प्रगति की समीक्षा की गई और विभिन्न विभागों को आगामी कार्ययोजना के संबंध में आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए। बैठक के दौरान अधिकारियों को निर्देशित किया गया कि वर्ष 2030 तक निर्धारित सतत विकास लक्ष्यों की प्राप्ति के लिए सभी विभाग आपसी समन्वय के साथ समयबद्ध तरीके से कार्य करें। साथ ही यह भी सुनिश्चित करने पर जोर दिया गया कि विभागीय स्तर पर चल रही योजनाओं और कार्यक्रमों को इन लक्ष्यों के अनुरूप प्रभावी ढंग से लागू किया जाए। पर्यावरण संरक्षण रहा प्रमुख लक्ष्य उप निदेशक आर्थिक एवं सांख्यिकी विभाग शेल सिंह ने बैठक में जानकारी देते हुए बताया- सतत विकास लक्ष्य वर्ष 2030 तक समावेशी और सतत विकास सुनिश्चित करने की एक महत्वपूर्ण वैश्विक पहल है। इन लक्ष्यों के तहत गरीबी उन्मूलन, गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं, स्वच्छ पेयजल, स्वच्छता, लैंगिक समानता, पर्यावरण संरक्षण और सतत आजीविका जैसे महत्वपूर्ण क्षेत्रों पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। उन्होंने कहा कि इन लक्ष्यों की प्रभावी प्राप्ति के लिए विभिन्न विभागों के बीच बेहतर समन्वय और नियमित मॉनिटरिंग बेहद आवश्यक है। समय पर प्रोग्रेस रिपोर्ट अपडेट करने के निर्देश बैठक के दौरान अधिकारियों से कहा गया कि सतत विकास लक्ष्यों से संबंधित सभी आवश्यक सूचनाएं समय पर उपलब्ध कराई जाएं, ताकि जिले की प्रगति रिपोर्ट को सही तरीके से अपडेट किया जा सके। साथ ही विभागों को अपने-अपने क्षेत्र में चल रही योजनाओं की प्रगति की नियमित समीक्षा करने के भी निर्देश दिए गए। इस बैठक में विभिन्न विभागों के जिला स्तरीय अधिकारी और संबंधित विभागों के प्रतिनिधि उपस्थित रहे, जिन्होंने अपने-अपने विभाग से जुड़ी प्रगति और योजनाओं की जानकारी भी साझा की।
बालाघाट जिला एचपीवी (HPV) टीकाकरण में मध्य प्रदेश में पहले स्थान पर है, लेकिन कुछ विकासखंडों में लक्ष्य से कम काम होने पर कलेक्टर मृणाल मीणा ने नाराजगी जताई है। जिले में 14 वर्ष की 15,541 बालिकाओं को टीका लगाने का लक्ष्य है, जिसमें से 8 मार्च तक 2,251 बालिकाओं का टीकाकरण हो चुका है। समीक्षा बैठक के दौरान कलेक्टर ने कटंगी (7.4%), लालबर्रा (8%) और लामता में कम टीकाकरण होने पर वहां के बीएमओ (BMO) को नोटिस जारी करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने साफ किया है कि 20 मार्च तक जिले में टीकाकरण का लक्ष्य हर हाल में पूरा किया जाए। भ्रम दूर करने की कोशिश बैठक में कटंगी बीएमओ ने बताया कि अभिभावकों के बीच टीके को लेकर कुछ गलत जानकारियां हैं। इस पर सीएमएचओ डॉ. परेश उपलप ने स्पष्ट किया कि यह टीका सर्वाइकल कैंसर से बचाव के लिए पूरी तरह सुरक्षित है। उन्होंने बताया कि अब तक टीका लगवाने वाली 2,251 बालिकाओं में से किसी को भी कोई दुष्प्रभाव नहीं हुआ है। अन्य महत्वपूर्ण निर्देश सड़क दुर्घटना राहत कलेक्टर ने 'पीएम राहत योजना' के तहत सड़क दुर्घटना में घायलों के इलाज के प्रकरण जल्द तैयार करने को कहा है। इस योजना में शुरुआती 7 दिनों के इलाज के लिए शासन 1.50 लाख रुपए तक का खर्च उठाता है। बसों का किराया आरटीओ को निर्देश दिए गए हैं कि यात्री बसों में तय राशि से ज्यादा किराया न वसूला जाए। इसके लिए ऑनलाइन बुकिंग और टिकट बिक्री की कड़ी निगरानी की जाएगी।
प्रदेश में लोगों पर आवारा कुत्तों के बढ़ते हमलों और आमजन की सुरक्षा संबंधी समस्याओं को गंभीरता से लेने का मामला कोटा दक्षिण विधायक संदीप शर्मा ने विधानसभा में उठाया। उन्होंने कहा- वर्तमान बजट में राज्य सरकार द्वारा आवारा कुत्तों के प्रबंधन के लिए देश का पहला फ्रेमवर्क तैयार किया गया है। इसे तत्काल धरातल पर लागू करना आवश्यक है। उन्होंने आवारा कुत्तों की नसबंदी बढ़ाने और इन्हें श्वानशालाओं में रखने की बात कही। उन्होंने कहा- सार्वजनिक स्थानों जैसे स्कूलों और अस्पतालों से कुत्तों को हटाया जाए। विधानसभा में नियम 295 के तहत बोलते हुए विधायक संदीप शर्मा ने कहा- प्रदेश में आवारा श्वानों का आतंक निरंतर बढ़ता जा रहा है। मासूम बच्चों पर हुए जानलेवा हमलों की घटनाएं हृदयविदारक हैं। आवारा कुत्ते सभी आयु वर्ग के लोगों के लिए खतरा हैं, लेकिन छोटे बच्चे इनके आसान शिकार साबित हो रहे हैं। कहा- सभी शहरों में बढ़ रहे मामलेविधायक संदीप शर्मा ने कहा- कुछ वर्ष में प्रदेश के सभी शहरों में इतनी तादाद में आवारा कुत्तों के लोगों को काटने की बेतहाशा बढ़ोतरी हुई है। हर गली-मोहल्ले में कुत्तों के झुंड बने हुए हैं। चाहे अलसुबह अखबार बांटने वाले हॉकर हों, देर रात खाना पहुंचाने वाले फूड डिलीवरी वाले हों, उन पर कुत्तों का झपटना और पीछा करना सामान्य घटना हो गई है। विधायक संदीप शर्मा ने कहा- हाल ही कोटा, झालावाड़, बांसवाड़ा, बीकानेर और अलवर में बच्चों पर हमले की घटनाएं चिंताजनक हैं। इन घटनाओं ने अब मामले में जल्द, प्रभावी और जमीनी कार्रवाई को बहुत जरूरी बना दिया है। सुप्रीम कोर्ट व हाईकोर्ट ने भी इस पर संज्ञान लेकर चिंता जताई है। यह प्रश्न हमारे नौनिहालों की सुरक्षा और लोगों को भयमुक्त वातावरण प्रदान करने का है। देश का पहला फ्रेमवर्क तैयार किया राजस्थान ने, जल्द हो लागूविधायक संदीप शर्मा ने कहा- राज्य सरकार ने आवारा कुत्तों के प्रबंधन के लिए देश का पहला फ्रेमवर्क तैयार किया है। लेकिन आज आवश्यकता है कि इसे धरातल पर कड़ाई से लागू करवाया जाए। उन्होंने प्रदेशव्यापी अभियान चलाकर आवारा कुत्तों की नसबंदी कराने, सार्वजनिक स्थानों जैसे स्कूलों और अस्पतालों से कुत्तों को हटाकर उन्हें श्वानशालाओं में शिफ्ट करने की मांग की। यह खबर भी पढ़ें... कोटा में कुत्तों ने नायब तहसीलदार समेत 22 को काटा:5 साल की बच्ची और महिला को भी शिकार बनाया; हाथ-पैर, चेहरे पर गहरे जख्म कोटा के अलग-अलग इलाकों में कुत्तों ने नायब तहसीलदार सहित 22 लोगों को लहूलुहान कर दिया था। इसमें 5 साल की बच्ची भी शामिल थी। आवारा कुत्ते (स्ट्रीट डॉग) ने नायब तहसीलदार पर कलेक्ट्रेट आफिस में हमला बोला था। पीबीएम सहित अन्य हॉस्पिटल में इन लोगों को 'एंटी रैबीज' के इंजेक्शन लगाए गए। (पूरी खबर पढ़ें)
बूंदी पुलिस ने एक नाबालिग गैंगरेप के मामले में दो वांछित आरोपियों को गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई जिला पुलिस अधीक्षक राजेंद्र कुमार मीणा के निर्देश पर की गई। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक उमा शर्मा के मार्गदर्शन में वृत्ताधिकारी के. पाटन अशोक जोशी और थाना कापरेन के पुनि भगवान सहाय के नेतृत्व में गठित टीम ने दोनों आरोपियों को गिरफ्तार किया। दोनों कापरेन थाने में वांछित थे। आरोपियों पर भारतीय न्याय संहिता 2023 की धारा 137(2), 70बी, पॉक्सो एक्ट की धारा 5, 6 और एससी/एसटी एक्ट की धारा 3(2)(Va) के तहत आरोप हैं। घटना फरवरी 2026 की है। पीड़िता ने अस्पताल में इलाज के दौरान अपना बयान दर्ज कराया। उसने बताया कि 8वीं की परीक्षा देकर निकलने के बाद स्कूल के बाहर दोनों आरोपी बाइक लेकर खड़े थे। पीड़िता के अनुसार, एक आरोपी ने उसे पानी की बोतल से पानी पिलाया, जिसके बाद उसे कुछ याद नहीं रहा। शाम करीब 6:30 बजे पीड़िता को होश आया। आरोपियों ने उसे उसकी नानी के घर छोड़ दिया गया। तबीयत बिगड़ने पर उसके पिता उसे अस्पताल ले गए, जहां से उसे कोटा रेफर किया गया। पीड़िता ने अपने बयान में कहा कि उसे नहीं पता कि उसके साथ क्या हुआ था। नाबालिग पीड़िता के बयान भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता 2023 की धारा 184 के तहत दर्ज किए गए और उसका मेडिकल परीक्षण भी कराया गया। इन बयानों के आधार पर थाना कापरेन में मामला दर्ज किया गया। वृत्ताधिकारी के. पाटन अशोक जोशी द्वारा अनुसंधान शुरू कर दिया गया है।
उदयपुर में पांडवा की पहाड़ी पर लगी आग:धुआं दूर तक दिखा, ऊंचाई के कारण दमकल को बुझाने में आई दिक्कत
उदयपुर शहर से सटे बड़ी क्षेत्र में स्थित पांडवा की पहाड़ी पर सोमवार दोपहर अचानक आग लग गई। आग इतनी तेज थी कि उससे उठता धुआं दूर-दूर तक दिखाई देने लगा। सूचना मिलने पर नगर निगम की 2 दमकल मौके पर पहुंची, लेकिन आग पहाड़ी की ऊंचाई ज्यादा होने के कारण पानी की बौछारें सीधे वहां तक नहीं पहुंच सकीं। दरअसल, शहर से लगे बड़ी गांव के पास पांडवा की पहाड़ी में सोमवार दोपहर करीब ढाई बजे आग लगने की सूचना मिली। देखते ही देखते आग ने पहाड़ी के ऊपरी हिस्से की सूखी घास और झाड़ियों को अपनी चपेट में ले लिया। आग से उठता काला धुआं दूर से ही नजर आने लगा, जिससे आसपास के ग्रामीणों में चिंता का माहौल बन गया। पहाड़ी के टॉप हिस्से में लगी आग, दमकल का पाइप नहीं पहुंचा ग्रामीणों ने तुरंत इसकी सूचना नगर निगम के फायर स्टेशन को दी। सूचना मिलते ही दो दमकल गाड़ियां मौके पर पहुंचीं। दमकलकर्मियों ने स्थिति का जायजा लिया तो पता चला कि आग पहाड़ी के टॉप हिस्से में लगी हुई है। ऊंचाई ज्यादा होने के कारण दमकल के पाइप से पानी सीधे आग तक नहीं पहुंच पा रहा था। इस दौरान नीचे की ओर फैलती लपटों को रोकने के लिए दमकल कर्मियों ने सूखी घास वाले हिस्सों पर पानी की बौछारें डालीं, ताकि आग नीचे की तरफ न बढ़ सके। मौके पर दमकलकर्मी करीब दो घंटे से अधिक समय तक आग पर काबू पाने की कोशिश करते रहे। आग लगने के कारणों का नहीं चला पता ग्रामीणों के अनुसार, पहाड़ी के आसपास घनी आबादी नहीं है, लेकिन इक्का-दुक्का घर जरूर बने हुए हैं। राहत की बात यह रही कि आग इन घरों से काफी ऊपर की ओर लगी थी, जिससे किसी तरह का नुकसान नहीं हुआ। फिलहाल आग लगने के कारणों का पता नहीं चल पाया है। स्थानीय लोग और प्रशासन मामले की जानकारी जुटाने में लगे हैं।
इंदौर लोकायुक्त टीम ने सोमवार को बड़वानी जिले के अंजड़ थाने में पदस्थ एक उपनिरीक्षक और एक आरक्षक पर भ्रष्टाचार का मामला दर्ज किया है। आरोपियों ने एक ज्वेलर्स संचालक को पुराने आत्महत्या के मामले में फंसाने की धमकी देकर 50 हजार रुपए की रिश्वत मांगी थी। लोकायुक्त टीम ने आरक्षक को रिश्वत की पहली किस्त लेते हुए रंगे हाथों पकड़ा। आत्महत्या के मामले में क्लीन चिट देने के नाम पर वसूली शिकायतकर्ता जयराज चौधरी अंजड़ में डायमंड ज्वेलर्स संचालित करते हैं। उन्होंने लोकायुक्त इंदौर में शिकायत दर्ज कराई थी। उपनिरीक्षक महावीर सिंह चंदेल ने एक वर्ष पुराने भारत बर्फा आत्महत्या मामले में चौधरी को पूछताछ के लिए बुलाया था। आरोपी ने केस खत्म करने के बदले आरक्षक पवन प्रजापति के माध्यम से खर्चा पानी के रूप में 50,000 रुपए की मांग की थी। लोकायुक्त ने सत्यापन के दौरान 15 हजार लेते पकड़ा लोकायुक्त एसपी इंदौर के निर्देश पर टीम ने शिकायत का सत्यापन किया, जो सही पाया गया। सत्यापन के दौरान ही आरक्षक पवन प्रजापति ने जयराज चौधरी से रिश्वत की पहली किस्त के रूप में 15,000 रुपए प्राप्त कर लिए। शेष राशि बाद में देने का सौदा तय हुआ था, जिसके आधार पर लोकायुक्त ने कार्रवाई को अंजाम दिया। भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत एफआईआर लोकायुक्त पुलिस ने आरोपी उपनिरीक्षक महावीर सिंह चंदेल और आरक्षक पवन प्रजापति के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण संशोधन अधिनियम 2018 की धारा 7 और बीएनएस 2023 की धारा 61(2) के तहत मामला दर्ज किया है। इस कार्रवाई में डीएसपी सुनील तालान के नेतृत्व में आरक्षक विजय कुमार, आशीष नायडू और अन्य सदस्य शामिल रहे।
शहर के अनेक क्षेत्रों में सुबह बिजली बंद:सुबह से शाम के बीच अलग-अलग समय पर होगी कटौती
बीकानेर शहर के निम्न क्षेत्रों में विद्युत तंत्र के रख-रखाव के लिए मंगलवार को अनेक क्षेत्रों में बिजली बंद रहेगी। बीकेईएसएल ने इस बारे में विज्ञप्ति जारी की है। प्रातः 08:00 बजे से दोपहर 12:00 बजे तक दोपहर 03:00 बजे से सांय 06:00 बजे तक प्रातः 09:00 बजे से दोपहर 01:00 बजे तक प्रातः 07:00 बजे से 10:00 बजे तक प्रातः 08:00 बजे से दोपहर 01:00 बजे तक दोपहर 02:00 बजे से सांय 05:00 बजे तक प्रातः 06:30 बजे से 10:30 बजे तक दोपहर 02:00 बजे से सांय 04:00 बजे तक
दिल्ली में एक बार फिर नॉर्थ ईस्ट के लोगों के मारपीट और दुर्व्यवहार का मामला सामने आया है। 8 मार्च को साकेत नगर के डिस्ट्रिक्ट कोर्ट कॉम्प्लेक्स के पास मणिपुर की रहने वाली युवती और उसके दोस्तों से मारपीट की घटना हुई। पुलिस के मुताबिक सभी पीड़ित पार्क में टहल रहे थे, तभी कुछ लोगों ने उन पर गलत कमेंट किए। युवती और उसके दोस्तों ने इसका विरोध किया। इस पर उन लोगों ने युवती और उसके साथियों पर हमला कर दिया। इस दौरान युवती घायल हो गई। इस घटना से नाराज मेघालय के CM कॉनराड संगमा ने X पोस्ट के जरिए दिल्ली पुलिस की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल उठाया। उन्होंने नाराजगी जताते हुए आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की। सीएम की पोस्ट पर दिल्ली पुलिस ने घटना की निंदा करते हुए लिखा- आरोपियों की पहचान की जा रही है, उन्हें पकड़ने के लिए कई टीमों को तैनात किया गया है। मारपीट में घायल युवती की 2 तस्वीरें… CM संगमा ने लिखा- नस्लीय तौर पर डराने-धमकाने वाली घटना मेघालय सीएम ने लिखा कि यह नस्लीय तौर पर डराने-धमकाने वाली घटना है। मुझे मेनलैंड इंडिया में नॉर्थ ईस्ट के लोगों पर बार-बार हो रहे हमलों से नाराजगी है। इसके खिलाफ कार्रवाई करनी चाहिए। ---------------------------------------- ये खबर भी पढ़ें… दिल्ली में अरुणाचल की 3 महिलाओं पर नस्लीय कमेंट:पड़ोसियों ने धंधेवाली कहा, आरोपी महिला बोली- मेरे पति के साथ बेडरूम में सो जा दिल्ली के मालवीय नगर में किराए पर रहने वाली अरुणाचल प्रदेश की 3 महिलाओं पर नस्लीय कमेंट और गाली-गलौज किया गया। घटना 20 फरवरी की है, जानकारी अब सामने आई है। दरअसल पूरा विवाद गंदगी फैलाने को लेकर हुआ था। जिसके बाद पड़ोसियों ने नॉर्थईस्ट की महिलाओं को 'मोमो' कहा। पूरी खबर पढ़ें…
दुर्ग जिले के समोदा गांव में करीब 10 एकड़ में अफीम की खेती मिलने के मामले को लेकर राजनीति तेज हो गई है। कांग्रेस नेताओं ने इस मामले में पुलिस और प्रशासन की भूमिका पर सवाल उठाए हैं और निष्पक्ष जांच की मांग की है। उनका कहना है कि इतने बड़े पैमाने पर अफीम की खेती होना और प्रशासन को इसकी जानकारी न होना कई सवाल खड़े करता है। सोमवार को जिला कांग्रेस दुर्ग ग्रामीण, दुर्ग शहर और भिलाई के जिलाध्यक्षों ने मिलकर प्रेस कॉन्फ्रेंस की और इस मामले में शासन-प्रशासन की भूमिका पर सवाल उठाए। कांग्रेस नेता राकेश ठाकुर ने कहा कि यह छत्तीसगढ़ का पहला और बहुत बड़ा मामला है। उन्होंने आरोप लगाया कि गिरदावरी रिपोर्ट में भी गड़बड़ी की गई है। उनका कहना है कि अगर सही तरीके से सर्वे किया गया होता, तो इतनी बड़ी अफीम की खेती पहले ही सामने आ जाती। पुलिस चौक-चौराहों पर वसूली करती है, लेकिन अफीम नहीं पकड़ सकी भिलाई जिलाध्यक्ष मुकेश चंद्राकर ने पुलिस की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि पुलिस अक्सर चौक-चौराहों पर खड़ी होकर चालान के नाम पर वसूली करती है, लेकिन समोदा गांव में इतने बड़े पैमाने पर अफीम की खेती चल रही थी और पुलिस को इसकी भनक तक नहीं लगी। उन्होंने इसे पुलिस की बड़ी विफलता बताया। विनय ताम्रकार के भाईयों को नहीं बना रहे अपराधी दुर्ग ग्रामीण जिला अध्यक्ष राकेश ठाकुर ने कहा कि समोदा गांव में करीब 10 एकड़ जमीन पर अफीम की खेती की जा रही थी। इस मामले में बीजेपी नेता विनायक ताम्रकार को गिरफ्तार किया गया है। कांग्रेस का आरोप है कि जिस जमीन पर खेती हुई है, उसमें उनके दो और भाइयों का भी हिस्सा है, लेकिन उन्हें आरोपी नहीं बनाया गया है। इसलिए उनके खिलाफ भी कार्रवाई होनी चाहिए। कांग्रेस का कहना है कि सामान्य किसान खेती की रखवाली के लिए रखवार या कोटवार रखते हैं, लेकिन यहां बाउंसर लगाए गए थे। इससे साफ है कि यहां सामान्य खेती नहीं बल्कि अफीम का कारोबार चल रहा था। नेताओं ने यह भी कहा कि पौधों में चीरा लगा हुआ था और गांव वालों ने बताया कि होली से पहले भी यहां से कंटेनर में अफीम की सप्लाई की गई थी। कलेक्टर के प्रेस कांफ्रेस पर भी उठाए सवालराकेश ठाकुर ने बताया कि जब वे पूर्व मुख्यमंत्री के साथ मौके पर पहुंचे थे तो अधिकारियों ने कहा था कि अफीम के पौधों की गिनती के बाद उसकी कीमत तय की जाएगी। लेकिन उसी दिन शाम को कलेक्टर ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में करीब 7 करोड़ 88 लाख रुपए की अफीम होने की बात कह दी। कांग्रेस का सवाल है कि जब सर्वे और गिनती पूरी नहीं हुई थी तो इतनी सटीक कीमत कैसे तय कर ली गई। कांग्रेस ने यह भी मांग की है कि इस मामले की गहराई से जांच होनी चाहिए। यह पता लगाया जाना चाहिए कि अफीम कहां बेची जा रही थी और इसके तार देश या विदेश तक जुड़े हैं या नहीं। पार्टी ने मांग की है कि बड़े अधिकारियों की निगरानी में नार्को टेस्ट भी कराया जाए और एक तारीख से लेकर गिरफ्तारी तक पुलिस और प्रशासन के सभी संपर्कों की जांच हो। किस विधायक-मंत्री से संबंध उसकी भी जांच होकांग्रेस नेताओं ने विनायक ताम्रकार के बयानों को लेकर भी सवाल उठाए। उनका कहना है कि पहले उन्होंने कहा कि यह जमीन उनकी नहीं है, फिर कहा कि यह उनकी बहनों की जमीन है। बाद में उन्होंने यह भी कहा कि उनकी कोई बहन नहीं है। इसके बाद दो महिलाएं सामने आईं और उन्होंने आरोप लगाया कि पिता की मौत के बाद से विनायक ताम्रकार उन्हें खेत में जाने नहीं देते थे। कांग्रेस ने कहा कि यह काम कोई अकेला व्यक्ति नहीं कर सकता। इसलिए यह भी जांच होनी चाहिए कि विनायक ताम्रकार के संबंध किन नेताओं या प्रभावशाली लोगों से थे। कांग्रेस ने चेतावनी दी है कि अगर इस मामले में पूरी कार्रवाई नहीं हुई तो 12 फरवरी को पूरे प्रदेश में जिला भाजपा कार्यालयों का घेराव किया जाएगा और आंदोलन जारी रहेगा।
01 लाख गांवों में हो रहे विश्व हिन्दू परिषद कार्य:बैठक में रामोत्सव की तैयारियों को लेकर किया मंथन
विश्व हिन्दू परिषद की विभाग बैठक सोमवार को मंडिया रोड स्थित ताड़केश्वर रामेश्वर सरस्वती विद्या मंदिर में हुई। बैठक में केंद्रीय मंत्री व धर्मप्रसार के अखिल भारतीय सह प्रमुख उमाशंकर, प्रान्त मंत्री परमेश्वर जोशी, ने राम दरबार भारत माता के समक्ष दीपप्रज्वलन कर बैठक की शुरूआत की। बैठक को सम्बोधित करते हुए केंद्रीय मंत्री व धर्मप्रसार के अखिल भारतीय सह प्रमुख उमाशंकर, ने कार्यकर्ताओं को सम्बोधित करते हुए कहा कि कार्यकर्ता संगठन की नींव है। समाज में संगठन नही समाज का संगठन है। विश्व हिन्दू परिषद 1964 से समाज के बीच रहकर कार्य कर रहा है। 01 लाख गावों तक विश्व हिन्दू परिषद के कार्य देश में चल रहे है। प्रांत मंत्री परमेश्वर जोशी ने कार्यकर्ताओं से कहा कि आगामी आने वाले रामोत्सव मे बढ़ चढ़ कर हिस्सा लेना है व हर गांव प्रखंड स्तर तक रामोत्सव कार्यक्रम करने है जिस तरह पाली विभाग में ऐतिहासिक हिन्दू शंखनाद कार्यक्रम पाली में हुआ उसी प्रकार रामोत्सव कार्यक्रम भी हर गांव मे सम्पन्न हो साथ ही आगामी दुर्गावाहिनी वर्ग,परिषद वर्ग, की भी चर्चा की गई।बैठक में पाली विभाग संगठन दृष्टि से पाली,बाली,सोजत संगठन जिला के कार्यकर्ता बन्धु मौजूद रहे। बैठक का संचालन विभाग मंत्री शैतान सिंह बिरोलिया ने किया । जिला प्रचार प्रसार प्रमुख मनीष सेन ने बताया कि बैठक में प्रांत से सुरेश चौधरी,कुसुम थावानी,विनीता तनवानी,अनिल चौहान, भीमराज चौधरी,विभाग मंत्री शैतान सिंह बिरोलिया, पाली जिला मंत्री बाबूलाल कुमावत, सोजत जिला मंत्री मांगीलाल गहलोत,जिला टीम से किशन सीरवी,सन्तोष वैष्णव,प्रियंका माली,रेखा सोलंकी,प्रकाश वैष्णव,विक्रांत सिंह गणेशाराम कुमावत, परमेश्वर शर्मा,अभयवीर सिंह,सुनील लक्षकार,बाबूदास वैष्णव,प्रखंड टोली दुर्गेश चौहान,श्रवण भिलवाला,जीतू पंडित,दलपतसिंह भाटी,अजय वैष्णव, कुलदीप,गोविंद मेगवाल,जया कुमारी, ललिता दय्या, प्रकाश कवर, सहित कई कार्यकर्ता मौजूद रहे।
डूंगरपुर के वागड़ अंचल में होली के पर्व का उत्साह अभी भी जारी है। होली के छठे दिन सोमवार को सागवाड़ा के नेहरू पार्क के पास 'कंडों की राड़' का पारंपरिक आयोजन किया गया। वडियो का डूंगरा मोहल्ला की ओर से आयोजित इस खेल में आस्था, परंपरा और रोमांच का अनूठा संगम देखने को मिला। इस आयोजन को देखने के लिए सागवाड़ा सहित आसपास के कई गांवों से हजारों लोग उमड़ पड़े। खेल की शुरुआत में वडियो का डूंगरा मोहल्ले के 50 से अधिक युवा दो गुटों में बंट गए। मैदान के दोनों ओर करीब 8 क्विंटल से ज्यादा गोबर के कंडों को सजाकर रखा गया था। ढोल-कुंडी की थाप पर युवा पहले जमकर नाचे, जिससे माहौल पूरी तरह होली के रंग में रंग गया। देखते ही देखते यह नाच-गाना एक दोस्ताना 'युद्ध' में बदल गया। खेल शुरू होते ही दोनों गुटों के युवाओं ने एक-दूसरे पर पूरी ताकत से कंडे बरसाना शुरू कर दिए। कुछ ही देर में सड़क कंडों के ढेर से पट गई। हवा में उड़ते कंडे न केवल खिलाड़ियों को, बल्कि वहां मौजूद दर्शकों को भी लगे। कंडे लगने से कई लोग दर्द से कराहते भी दिखे, लेकिन परंपरा के उत्साह के आगे यह दर्द फीका नजर आया। नेहरू पार्क के पास करीब डेढ़ घंटे तक यह खेल चलता रहा। स्थानीय लोगों के अनुसार, यह परंपरा वर्षों पुरानी है और इसे बुराई पर अच्छाई की जीत तथा आपसी भाईचारे के प्रतीक के रूप में मनाया जाता है।
बूंदी विधायक हरिमोहन शर्मा ने सोमवार को विधानसभा में गरडदा पेयजल एवं सिंचाई परियोजना का मुद्दा उठाया। उन्होंने प्रक्रिया नियम 295 के तहत इस मामले पर सरकार का ध्यान आकर्षित किया। शर्मा ने सदन को बताया कि बूंदी विधानसभा क्षेत्र में स्वीकृत 238 करोड़ रुपये की गरडदा पेयजल परियोजना और 424 करोड़ रुपये की गरडदा बांध सिंचाई परियोजना वन विभाग की बाधाओं के कारण अधूरी हैं। बांध का निर्माण दो साल पहले पूरा हो चुका है, लेकिन वन विभाग की आपत्ति के चलते नहरों का निर्माण कार्य रुका हुआ है। इस अवरोध के कारण किसानों को सिंचाई का पानी नहीं मिल पा रहा है, और गरडदा पेयजल परियोजना का पानी भी अभी तक जनता को उपलब्ध नहीं हो सका है। विधायक ने तत्काल इस समस्या का समाधान करने की मांग की ताकि दोनों परियोजनाओं का लाभ शीघ्र जनता तक पहुंच सके। इसके अतिरिक्त, विधायक शर्मा ने स्थगन प्रस्ताव के माध्यम से बूंदी जिले की नैनवा उप तहसील करवर में कार्मिकों द्वारा किए गए भ्रष्टाचार का मुद्दा भी उठाया। उन्होंने तहसील के कर्मचारियों पर एक ही दिन में खातेदारी बदलने, नामांतरण करने और भूमि को अन्य व्यक्तियों को बेचने जैसी गंभीर अनियमितताओं का आरोप लगाया। शर्मा ने सदन के पटल पर रखा कि ईआरसीपी योजना के तहत भूमि अधिग्रहण की कार्रवाई शुरू होने के बाद, उप तहसील करवर में अधिकारियों ने गैर-खातेदारी भूमि को अवैध रूप से खातेदारी में बदलकर उसी दिन दूसरे व्यक्तियों के नाम से दस्तावेज पंजीकृत करवा दिए। उन्होंने उदाहरण देते हुए बताया कि ग्राम अरनेठा में खसरा संख्या 958/199 (10 बीघा), 959/199 (100 बीघा) और 1574 (5 बीघा) तथा ग्राम आंतरदा में खसरा संख्या 1574/3 जैसी गैर-खातेदारी भूमियों में यह अनियमितता की गई। जिसके कुछ खातेदार मर चुके है। उसके बावजूद अफरा-तफरी भष्ट्राचार के कारण तहसील के कार्मिको ने मिलीभगत से 1 दिन मे खातेदारी 1 ही दिन मे नामान्तरण और 1 दिन में ही भूमि अन्य को बेचान करने का षडयंत्र किया गया जो घोर अनियमितता है।अतः शर्मा स्थगन प्रस्ताव के माध्यम से ऐसे भष्ट्र दोषियों के खिलाफ कड़ी से कड़ी कार्रवाई की जाने की मांग की!
नूतन पहल महिला समिति, पाली की ओर से बांगड़ हॉस्पिटल के ऑडिटोरियम में 'अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस' पर 'महिला सम्मान समारोह' आयोजित किया गया। इसमें मुख्य अतिथि नरेन्द्रसिंह देवडा़ अति पुलिस अधीक्षक पाली, डीडी शर्मा राष्ट्रीय उपाध्यक्ष, भारत विकास परिषद, डॉ सुनिता बिश्नोई, डॉ प्रतिभा गर्ग, डॉ केएम शर्मा, केसी सैनी मौजूद रहे। कालिका पेट्रोलिंग यूनिट की राधा, इमरती, अनुशिया , भंवरी, पिंकू, संगीता, मनोज कंवर, विनोद कंवर, छोटू कंवर ,संगीता, भजना, राधा व डॉक्टर सुनीता बिश्नोई, सहायक आचार्य स्त्री व प्रसूति रोग विभाग, ललिता गुप्ता, मैना, तनुजा गहलोत प्रियंका सहित उत्कृष्ट सेवा करने वालों को सम्मानित किया गया। श्यामा कपिला पुरस्कार 2026 सरोज को राजीविका में उत्कृष्ट कार्य के लिए 5100 रुपए का चेक दिया गया। इस दौरान अदिति शर्मा, प्रियंका शर्मा, अदविका शर्मा की उपस्थिति में दिया गया। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक नरेंद्र सिंह देवड़ा ने भी कार्यक्रम को संबोधित किया। इस दौरान केसी सैनी ने नशा मुक्ति अभियान के बारे में जानकारी दी। डॉक्टर प्रतीका कृपलानी, डॉक्टर सुनीता बिश्नोई, डॉक्टर प्रतिभा गर्ग, डॉक्टर प्रवीण गर्ग, अधीक्षक बांगड़ हॉस्पिटल डॉ कैलाश परिहार, डॉक्टर आरके बिश्नोई भी मौजूद रहे। कार्यक्रम में कोषाध्यक्ष इंदू शर्मा, सचिव पुष्प परिहार, सहसचिव शशि लोढ़ा, सुबुद्धि समदडिया, प्रेमलता अग्रवाल, राधेश्याम भाटी, संगीता कपूर, पारस भाटी की भी अहम भूमिका रही।
शहडोल जिले के जैतपुर थाना क्षेत्र अंतर्गत बोदा टोला में नहर निर्माण के दौरान मिक्सर मशीन के नीचे दबने से 48 वर्षीय मजदूर की मौके पर मौत हो गई। सूचना मिलने पर पुलिस ने घटनास्थल पर पहुंचकर शव को कब्जे में लिया और मामले की विस्तृत जांच शुरू कर दी है। अकेले मशीन आगे बढ़ाते समय हादसा मृतक की पहचान छोटी घोघरी निवासी गोजे बैगा (48) के रूप में हुई है, जो घोघरी से नवगवां के बीच चल रहे नहर निर्माण कार्य में लगा था। सोमवार दोपहर गोजे बैगा कार्यस्थल पर मिक्सर मशीन को अकेले आगे बढ़ाने का प्रयास कर रहा था। निर्माण स्थल पर ढलान होने के कारण मशीन अचानक अनियंत्रित होकर तेजी से आगे बढ़ गई और मजदूर उसके नीचे दब गया। मौके पर ही तोड़ा दम हादसे के बाद वहां मौजूद अन्य मजदूरों ने तत्काल मशीन हटाकर गोजे बैगा को बाहर निकाला, लेकिन तब तक उसकी सांसें थम चुकी थीं। जैतपुर थाना प्रभारी जयप्रकाश शर्मा ने बताया कि पुलिस ने पंचनामा कार्रवाई के बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए अस्पताल भेज दिया है। प्रक्रिया पूरी होने के बाद शव परिजनों को सौंपा जाएगा। लापरवाही की जांच करेगी पुलिस जैतपुर थाना पुलिस ने इस मामले में मर्ग कायम कर लिया है। थाना प्रभारी ने बताया कि पुलिस इस बिंदु पर जांच कर रही है कि निर्माण कार्य के दौरान सुरक्षा मानकों का पालन किया जा रहा था या नहीं। यदि जांच में निर्माण एजेंसी या किसी अन्य की लापरवाही सामने आती है, तो संबंधित के खिलाफ वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।
ग्वालियर में ई-रिक्शा में गहने चोरी की एक और वारदात सामने आई है। सगाई में मिली बेटे-बहू की डायमंड रिंग टाइट कराने सराफा बाजार जा रहीं महिला का गहनों से भरा पाउच एक युवती चोरी कर ले गई। युवती सफेद सूट पहने थी और चुनरी से चेहरा ढके हुए थी। वह महिला के पास बैठकर बातचीत में उलझाती रही और मौका पाकर बैग में रखा गहनों का पाउच निकाल लिया। वारदात रविवार दोपहर करीब 1 बजे सेवा नगर पार्क से जीडीए ऑफिस के बीच हुई। सोमवार को घटना के सीसीटीवी फुटेज भी सामने आए हैं। घटना के बाद युवती फूलबाग पेट्रोल पंप के पास उतरकर चली गई। उसके उतरने के बाद महिला ने बैग देखा तो गहने गायब थे। सूचना मिलते ही पुलिस को शिकायत दी गई। चोरी हुई अंगूठी दो दिन पहले ही सगाई में मिली थी। तुलसी विहार कॉलोनी, सेवा नगर निवासी उमेश यादव के घर दो दिन पहले सगाई का कार्यक्रम हुआ था। समारोह में उनके बेटे और बहू ने एक-दूसरे को डायमंड की अंगूठी पहनाई थी। अंगूठी ढीली होने के कारण उमेश की पत्नी छाया यादव (45) रविवार दोपहर अपनी बड़ी बहन विनय यादव और जेठानी सुधा यादव के साथ सराफा बाजार जाने निकलीं। अंगूठी सुधा यादव के पर्स में रखी थी। सेवा नगर पार्क से तीनों ने ई-रिक्शा लिया। पीछे की एक सीट पर छाया और विनय बैठीं, जबकि दूसरी सीट पर सुधा पर्स लेकर बैठीं। करीब 100 मीटर चलने के बाद एक युवती आकर सुधा के पास बैठ गई। वह सफेद सूट में थी और चेहरा ढका हुआ था। बातों में उलझाकर की चोरी ई-रिक्शा में बैठने के बाद युवती बातचीत करने लगी। रास्ते में एक ऊंची इमारत देखकर उसने चक्कर आने की बात कही। महिलाएं उसकी मदद करने लगीं। इसी दौरान उसने मौका पाकर सुधा यादव के पर्स से छोटा पाउच निकाल लिया और जीडीए ऑफिस के पास उतरकर चली गई। कुछ दूर बाद चला पता कुछ देर बाद छाया यादव को शक हुआ जब युवती जल्दी-जल्दी वहां से निकल गई। उन्होंने सुधा से पर्स चेक करने को कहा तो छोटा पाउच गायब मिला। उसमें हीरे की अंगूठी रखी थी। इसके बाद परिजनों को सूचना देकर वे सीधे पड़ाव थाने पहुंचीं और शिकायत दर्ज कराई। सीसीटीवी में दिखी युवती पुलिस ने आसपास के सीसीटीवी कैमरे खंगाले तो जिस जगह से युवती ई-रिक्शा में बैठी थी, वहां की फुटेज मिल गई। उसमें युवती ई-रिक्शा में बैठते और जीडीए ऑफिस तक जाते दिखाई दे रही है। पुलिस फुटेज के आधार पर संदेही युवती की तलाश कर रही है। संदेही युवती की कर रहे तलाश पड़ाव थाना प्रभारी शैलेंद्र भार्गव ने बताया कि ई-रिक्शा में डायमंड रिंग चोरी होने की शिकायत मिली है। सीसीटीवी फुटेज में एक संदेही युवती दिखाई दी है। उसकी तलाश की जा रही है।
बुरहानपुर में मारपीट के एक मामले में फरार चल रहे तीन सगे भाइयों को सोमवार को गिरफ्तार किया गया है। ये आरोपी 2023 से फरार थे और न्यायालय ने उनके खिलाफ स्थायी वारंट जारी किया था। होली मनाने घर लौटने पर पुलिस ने उन्हें धर दबोचा। यह मामला आरोपियों के पड़ोसी रिश्तेदारों से हुए विवाद से जुड़ा है। पुलिस ने उनके खिलाफ मारपीट की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया था। हालांकि, आरोपी लगातार कोर्ट में पेशी पर उपस्थित नहीं हो रहे थे। न्यायालय भारत सिंह भंवर, न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रथम श्रेणी, बुरहानपुर में राधेलाल उर्फ राधे (29), श्याम (22) और विजय उर्फ विजु (21) पिता आशाराम बल्वेकर, तीनों निवासी अमुल्लाकला, थाना खकनार के खिलाफ यह मामला चल रहा था। न्यायालय ने इन आरोपियों के खिलाफ स्थायी वारंट जारी किया था। गन्ना कटाई के लिए बाहर गए थेखकनार थाना प्रभारी अभिषेक जाधव और देड़तलाई चौकी प्रभारी शंकर लोने को सूचना मिली कि स्थायी वारंटी अपने घर अमुल्लाकला लौटे हैं। बताया जा रहा है कि वे लंबे समय से गन्ना कटाई के लिए बाहर गए हुए थे। सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची और तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। उन्हें अब कोर्ट में पेश किया जाएगा। थाना प्रभारी अभिषेक जाधव ने बताया कि यह मामला मारपीट से संबंधित है। आरोपी न्यायालय में पेशी पर नहीं जा रहे थे, जिसके कारण कोर्ट द्वारा उनके खिलाफ वारंट जारी किया गया था।

