मेरठ के नौचंदी थाना क्षेत्र में 6 फरवरी को हुए असलम हत्याकांड के एक वांछित आरोपी अमीर अहमद को सोमवार को पुलिस ने गिरफ्तार कर न्यायालय के समक्ष पेश कर दिया। न्यायालय ने आरोपी को जेल भेज दिया है। इस मामले में अभी कई अन्य आरोपी फरार हैं। पहले एक नजर वारदात पर मामला नौचंदी थाना क्षेत्र की जैदी फार्म कालोनी का है। जहां 6 फरवरी को स्क्रैप कारोबारी असलम व उसके साथी शोएब पर ताबड़तोड़ फायरिंग कर हमलावर फरार हो गए। दोनों को अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उपचार के दौरान असलम की मौत हो गई। पुलिस ने हमलावरों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर तलाश शुरु की। शव रखकर परिजनों ने लगाया जाम असलम की मौत के बाद परिवार में कोहराम मच गया। पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंपा गया तो पिता उसे लेकर जैदी फार्म पहुंचे और सड़क पर एंबुलेंस को रखकर जाम लगा दिया। पुलिस मौके पर पहुंची और आरोपियों पर कार्रवाई का भरोसा दिलाया। इसके बाद परिवार ने असलम को सुपुर्द ए खाक किया। फरार कई आरोपी दबोचे हत्याकांड के बाद पुलिस सरगर्मी से हमलावरों की तलाश में जुट गई। कई आरोपियों को गिरफ्तार कर पुलिस जेल भेज चुकी है। मुख्य आरोपी अमीर अहमद पुलिस के हाथ नहीं आ रहा था, जिस पर 25 हजार रुपये का इनाम घोषित कर दिया गया। पुलिस काफी समय से अमीर अहमद को तलाश कर रही थी। उसके सहारनपुर में छिपे होने की सूचना पर दबिश देकर पुलिस ने उसे दबोच लिया। पुलिस पर लग रहे थे आरोप इस मामले में पुलिस समय समय पर आरोपियों को गिरफ्तार कर सलाखों के पीछे भेजती रही लेकिन असलम के पिता पुलिस कार्रवाई से संतुष्ट नहीं थे। उन्होंने पुलिस पर आरोपियों खासकर अमीर अहमद को बचाने का आरोप लगा दिया। इस मामले में एसएसपी, डीआईजी समेत कई अफसरों से शिकायत भी हुई, जिसके बाद पुलिस अमीर अहमद की तलाश में जुटी और उसे धर दबोचा।
एसिड हमले में 41 साल बाद अपील खारिज:हाईकोर्ट ने कहा- सत्र अदालत की सात साल की कैद की सजा सही
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने आगरा के कटरा गडरियान में तीन लोगों पर एसिड फेंकने के आरोपी राजेंद्र को सत्र अदालत से सुनाई गई सात साल की कैद की सजा को सही माना और कहा कि दी गई सजा उचित है जिसमें हस्तक्षेप नहीं किया जा सकता। कोर्ट ने कहा अभियोजन पक्ष संदेह से परे अपराध साबित करने में सफल रहा। तीनों चश्मदीद घायलों के बयान व अन्य साक्ष्य दोष साबित करने के लिए पर्याप्त है। कोर्ट ने सत्र अदालत आगरा के फैसले के खिलाफ दाखिल अपील खारिज कर दी है। यह आदेश न्यायमूर्ति तेज प्रताप तिवारी ने राजेंद्र की सजा के खिलाफ अपील की सुनवाई करते हुए दिया है।सत्र अदालत ने घटना के एक साल के भीतर अपराध की सजा सुना दी थी और हाईकोर्ट में सजा के खिलाफ अपील का फैसला होने में 41 का समय बीत गया। 1985 में अपील 41 साल बाद सजा की पुष्टि की मालूम हो कि सुभाष अशोक व दिनेश लाउडस्पीकर लगाकर आ रहे थे कि रास्ते में मारने की नीयत से आरोपी ने उनपर एसिड फेका। कोर्ट ने कहा इनमें से किसी घायल की मौत हो जाती तो निश्चित ही यह हत्या का अपराध होता। किंतु घायलों पर एसिड बेकर घायल करने का साक्ष्य है। घटना के चश्मदीद गवाह भी है। एक साइकिल व जला हुआ तहमद बरामद किया गया है।सत्र अदालत ने 20 अक्टूबर 85 को सजा सुनाई। 2 अक्टूबर 84 की घटना की एफआईआर 3 अक्टूबर 84 को दर्ज की गई। ट्रायल कोर्ट ने एक साल के भीतर सजा सुना दी और 1985 मे दाखिल अपील पर हाईकोर्ट का फैसला सजा के 41 साल बाद आया। जिसमें सुनाई गई सजा की पुष्टि की।
गैंगस्टर समेत कई मुकदमों में वांछित लारेंस विश्नोई गैंग के सदस्य अमित मरिंडा व उसके साथी वंश सचदेवा को सोमवार को मेरठ पुलिस बी वारंट पर लेकर आ गई। दोनों को गैगस्टर कोर्ट में पेश किया गया, जहां से न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया। पहले जानते हैं कौन है अमित मरिंडाअमित मरिंडा शातिर अपराधी है, जिस पर गैगस्टर व हिस्ट्रीशीटर की कार्रवाई की जा चुकी है। उस पर हत्या, रंगदारी, रेप और अवैध हथियारों की तस्करी जैसे कई संगीन मामले दर्ज हैं। मूलरूप से शास्त्रीनगर का रहने वाला अमित मरिंडा डी-155 गैंग चलाता है, जिसकी लंबे समय से पुलिस तलाश कर रही थी। बंगलुरु के कारोबारी से मांगी रंगदारी मेरठ के कई मुकदमों में वांछित होने के कारण कुख्यात अमित मरिंडा दिल्ली शिफ्ट हो गया। उसकी तलाश बंगलुरु पुलिस भी कर रही थी। बताया जाता है कि अमित मरिंडा व उसके साथी वंश सचदेवा ने बेगलुरु के एक कारोबारी से लारेंस विश्नोई के नाम पर एक करोड़ रुपये की रंगदारी मांगी थी, जिसमें मुकदमा दर्ज किया गया था। दिल्ली पुलिस के साथ मिलकर दबोचा बंगलुरु पुलिस पिछले काफी समय से अमित मरिंडा और वंश सचदेवा को तलाश रही थी। कुछ समय पहले बंगलुरु पुलिस को दोनों की लोकेशन दिल्ली में मिली। बंगलुरु पुलिस ने गोपनीय तरीके से दोनों की तलाश तेज कर दी। उनकी लोकेशन तलाशने के बाद दिल्ली पुलिस का सहयोग मांगा और दोनों को दबोच लिया। बंगलुरु की जेल में चल रहा था बंद गिरफ्तारी के बाद बंगलुरु पुलिस अमित मरिंडा व वंश सचदेवा को लेकर लौट गई। दोनों को कोर्ट में पेश किया गया, जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया। वर्तमान में दोनों बंगलुरु की परप्पना अग्रहारा जेल की सलाखों के पीछे बंद चल रहे थे। इसकी जानकारी लगते ही मेरठ पुलिस ने बी वारंट की तैयारी की। मेरठ के दो मुकदमों में था वांछित एसएचओ मेडिकल सत्यवीर सिंह ने बताया कि अमित मरिंडा के विरूद्ध पिछले वर्ष 30 जुलाई, 2025 को गौ सेवक मयंक त्यागी की तरफ से मुकदमा दर्ज कराया गया था। इस मुकदमे में जतिन तेवतिया, वंश सचदेवा, मोनू हाइडिल, अजय गुर्जर, हेम कुमारी के नाम भी शामिल थे। अगले ही महीने सीसीएसयू के छात्र नेता विनीत चपराना की तरफ से राधा चौधरी, सीमा चौधरी, हेम कुमारी उर्फ अंजली, शैली चौधरी, अनुज माखनगर आदि के विरूद्ध एक और मुकदमा मेडिकल थाने में दर्ज करा दिया गया, जिसमें उनकी तलाश जारी थी। गैगस्टर कोर्ट ने दोनों को भेजा जेल सोमवार को मेरठ पुलिस बी वारंट पर अमित मरिंडा को लेकर मेरठ आ गई। उसके साथ वंश सचदेवा भी रहा। पूरी गोपनीयता के साथ दोनों को कचहरी और फिर गैंगस्टर कोर्ट लाया गया। पेशी के बाद कोर्ट ने दोनों को न्यायिक हिरासत में जेल भेजने का फरमान सुना दिया। एसपी सिटी बोले- तीन दिन की मिली रिमांड एसपी सिटी विनायक गोपाल भोसले ने बताया कि मेरठ के कई मुकदमों में वांछित अमित मरिंडा व वंश सचदेवा को बंगलुरु से बी वारंट पर मेरठ लाया गया है। कोर्ट ने तीन दिन की रिमांड मंजूर कर ली है। फिलहाल दोनों जेल की सलाखों के पीछे हैं। 23 अप्रैल तक पुलिस दोनों से पूछताछ करेगी।
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने एक महत्वपूर्ण फैसले में बिजली विभाग की लापरवाही को गंभीर मानते हुए पीड़ित युवक को 26.65 लाख रुपये का मुआवजा देने का आदेश दिया है। यह मामला उस दर्दनाक हादसे से जुड़ा है जिसमें बचपन में एक मासूम ने बिजली के ट्रांसफार्मर की चपेट में आकर अपने दोनों हाथ गंवा दिए थे। आगरा का है मामला यह दर्दनाक घटना 1 मार्च 1997 को आगरा के नगला पदी क्षेत्र में स्थित एक प्राथमिक विद्यालय के पास हुई थी। उस समय सात वर्षीय बच्चा पप्पू स्कूल के बाहर खेल रहा था। स्कूल के गेट के पास 11,000 वोल्ट का ट्रांसफार्मर खुले में रखा हुआ था और उसके चारों ओर किसी प्रकार की फेंसिंग या सुरक्षा घेरा नहीं लगाया गया था। खेलते समय बच्चा अनजाने में ट्रांसफार्मर के संपर्क में आ गया, जिससे उसे जोरदार करंट लगा। इस हादसे में उसके दोनों हाथ बुरी तरह झुलस गए और डॉक्टरों को उसकी जान बचाने के लिए कंधे के नीचे से दोनों हाथ काटने पड़े। हादसे के बाद पीड़ित ने अपने पिता के माध्यम से मुआवजे के लिए मुकदमा दायर किया था, लेकिन वर्ष 2005 में निचली अदालत ने यह कहते हुए उसका दावा खारिज कर दिया था कि यह घटना बच्चे की अपनी लापरवाही से हुई। इस फैसले के खिलाफ पीड़ित ने इलाहाबाद हाईकोर्ट में अपील दाखिल की, जहां अदालत ने निचली अदालत के निर्णय को पूरी तरह गलत ठहराया। कोर्ट ने कहा-सुरक्षा देनी होगी मामले की सुनवाई करते हुए न्यायमूर्ति संदीप जैन ने स्पष्ट किया कि सात साल के बच्चे से तर्कसंगत सोच या सावधानी की अपेक्षा नहीं की जा सकती, इसलिए उस पर लापरवाही का आरोप नहीं लगाया जा सकता। अदालत ने अपने फैसले में ‘स्ट्रिक्ट लायबिलिटी’ यानी कठोर दायित्व के सिद्धांत को लागू करते हुए कहा कि बिजली एक अत्यंत खतरनाक वस्तु है और इसकी आपूर्ति करने वाली संस्था की जिम्मेदारी है कि वह पूरी सुरक्षा सुनिश्चित करे। अदालत ने यह भी माना कि ट्रांसफार्मर स्कूल के पास स्थापित था और विभाग को यह जानकारी थी कि वहां बच्चे आते-जाते और खेलते हैं, इसके बावजूद सुरक्षा के पर्याप्त इंतजाम नहीं किए गए। इसलिए विभाग यह कहकर अपनी जिम्मेदारी से नहीं बच सकता कि बच्चा स्वयं ट्रांसफार्मर के पास गया था। अदालत ने अपने आदेश में पहले से दिए गए 1.25 लाख रुपये को घटाते हुए कुल 26.65 लाख रुपये का शुद्ध मुआवजा देने का निर्देश दिया है। साथ ही यह भी कहा गया है कि पीड़ित की आर्थिक स्थिति को देखते हुए मुआवजे की राशि किसी राष्ट्रीयकृत बैंक या पोस्ट ऑफिस में फिक्स्ड डिपॉजिट के रूप में जमा की जाए, ताकि उसे हर महीने ब्याज मिलता रहे और उसका जीवनयापन सुचारू रूप से चलता रहे। इसके अलावा अदालत ने जिला विधिक सेवा प्राधिकरण को निर्देश दिया है कि वह पीड़ित को इस आदेश का पूरा लाभ दिलाने में आवश्यक सहायता प्रदान करे।
मुरादाबाद में पति-पत्नी की चाकू घोंपकर हत्या कर दी गई। हत्याकांड के मूल में एक कमरे के मकान को लेकर चल रहा विवाद बताया जा रहा है। हत्यारोपी पड़ोस में रहता है। सोमवार को रात करीब 8:50 बजे उसने साथियों के संग मिलकर इस घटना को अंजाम दिया और फरार हो गया। घटना की सूचना मिलते ही तुरंत हरकत में आई पुलिस ने आरोपियों की तलाश में छापामारी शुरू कर दी है। घटना की जानकारी होते ही एसएसपी सतपाल अंतिल और कुछ देर बाद डीआईजी मुनिराज जी भी मौके पर पहुंच गए। यह घटना सिविल लाइंस थाना क्षेत्र में चक्कर की मिलक में हुई है। इसी इलाके में डीआईजी का कार्यालय/आवास है। पुलिस का कहना है कि मकान के विवाद में पति-पत्नी की चाकुओं से गोदकर हत्या की गई है।सिविल लाइंस क्षेत्र के चक्कर की मिलक नाला निवासी राजा और उसकी पत्नी फराह की चाकुओं से गोदकर हत्या कर दी। पड़ोसी फहीम से मकान की रजिस्ट्री कराने को लेकर विवाद चल रहा था। रविवार को भी दोनों पक्षों में मारपीट हुई थी। बताते हैं कि मकान के लिए राजा पड़ोसी फहीम को 2 लाख रुपए दे चुका था। 24 हजार रुपए रजिस्ट्री के लिए और देने थे। इसी को लेकर इनके बीच विवाद था। सोमवार रात हमलावरों ने राजा के घर पर हमला कर दिया। घटना की चमश्मदीद राजा की 8 साल की बेटी अक्शा ने बताया कि हमलावरों से बचने के लिए उसके पिता ने कमरे का दरवाजा बंद कर लिया था। लेकिन हमलावरों ने दरवाजा खोला और उसे चाकू मार दिया। इसके बाद फ्रिज गिरा दिया और उसकी मां फरहा को भी चाकू मार दिया। बच्ची ने कहा कि उसने मां को बचाने के लिए रास्ते से गुजरते लोगों से मदद मांगी थी लेकिन हमलावरों के डर की वजह से कोई मदद के लिए घर नहीं आया। दंपती के 3 बच्चे हैं। इनमें 8 साल की बेटी अक्शा और चार व डेढ़ साल के दो बेटे हैं।SSP सतपाल अंतिल ने बताया कि, सोमवार को रात 8:50 बजे डॉयल 112 को सूचना मिली थी कि चक्कर की मिलक में एक पति-पत्नी को चाकू मार दिया। सूचना मिलते ही पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची और घायलों को अस्पताल भिजवाया। जहां डॉक्टर ने दोनों को मृत घोषित कर दिया है। अभी तक की पड़ताल में ये पता चला है कि आरोपी पूर्व से परिचित हैं। एक कमरे का एक मकान है। जिसके 24 हजार रुपए को लेने देने के संबंध में दोनों के बीच विवाद था। एसएसपी ने बताया कि परिजनों की तहरीर पर अभियोग पंजीकृत कर आगे की कार्रवाई की जा रही है। आरोपियों की तलाश में उनके संभावित ठिकानों पर पुलिस की 5 टीमों को छापामारी करने के लिए रवाना किया गया है। जल्द से जल्द इस घटना में शामिल हत्यारोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
गोरखपुर के चौरी-चौरा क्षेत्र से एक मारपीट और बवाल का मामला सामने आया है। जिससे पूरे इलाके में तनाव का माहौल बन गया। यह घटना रविवार को कुर्मी टोला चौराहे पर हुई, जहां ‘आर्यन हार्डवेयर एंड ट्रेडर्स’ नाम की दुकान पर दो पक्षों के बीच विवाद इतना बढ़ गया कि मामला हाथापाई से लाठी-डंडों तक पहुंच गया। आसपास के लोगों ने बताया कि- पहले दोनों पक्षों के बीच कहासुनी हुई, जो देखते ही देखते मारपीट में बदल गई। मौके पर अफरा-तफरी मच गई और आसपास के लोग भी इकट्ठा हो गए। इस दौरान किसी ने घटना का वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर डाल दिया, जो अब तेजी से वायरल हो रहा है। पढिए पूरा मामला गोरखपुर के चौरी-चौरा क्षेत्र के कुर्मी टोला चौराहे पर ‘आर्यन हार्डवेयर एंड ट्रेडर्स’ नाम की दुकान है। रविवार को दुकान मालिक और कुछ लोगों में मारपीट हो गया। दुकान के मालिक विद्यासागर यादव ने आरोप लगाया कि “मेरे दुकान के ठीक सामने नशे में धुत एक व्यक्ति पेशाब कर रहा था। मैने उसको मना किया। लेकिन वो पेशाब करते रहा। इसके बाद थोड़ी निकझोक हुई। थोड़ी देर में मामला शांत हो गया। लेकिन कुछ समय के बाद वह व्यक्ति अपने 8-10 साथियों के साथ लाठी-डंडों से लैस होकर मेरी दुकान में घुस गया।” आरोप है कि सभी लोग लाठी-डंडों से लैस थे और सीधे दुकान में घुस गए। उन्होंने विद्यासागर यादव को घेरकर बुरी तरह पीटा। इस दौरान दुकान में रखे महंगे इलेक्ट्रिकल सामानों को भी नुकसान पहुंचाया गया। इतना ही नहीं, मारपीट के बाद लूटपाट करने का भी आरोप लगाया गया है। इलाके में दहशत दिनदहाड़े हुई इस घटना से स्थानीय बाजार में डर का माहौल है। व्यापारियों का कहना है कि इलाके में नशेड़ियों और अपराधियों के हौसले बढ़ते जा रहे हैं और उन्हें कानून का कोई डर नहीं रह गया है। व्यापार मंडल और स्थानीय लोगों ने प्रशासन से सख्त कार्रवाई की मांग की है। पुलिस ने की कार्रवाई मामले की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और दोनों पक्षों को समझा-बुझाकर शांत कराया। फिलहाल पुलिस ने दोनों पक्षों के खिलाफ शांति भंग में चालान किया गया है।
ग्वालियर के मुरार सदर बाजार में सोमवार दोपहर करीब 12:53 बजे गहनों से भरा पाउच गायब हो गया। घटना उस समय हुई जब प्रोजेक्ट इंजीनियर के घर शादी का माहौल था और परिवार नई बहू के लिए गहनों का बॉक्स खरीदने बाजार पहुंचा था। इसी दौरान कार से उतरते समय गहनों का पाउच दूल्हे की बहन के हाथ से गिर गया, जिसका किसी को तुरंत पता नहीं चल सका। कुछ ही देर बाद वहां से गुजर रहीं दो महिलाओं की नजर पाउच पर पड़ी। उन्होंने पाउच उठाकर देखा और उसमें गहने होने पर बिना किसी को जानकारी दिए वहां से चली गईं। जब परिवार को गहनों का पाउच नहीं मिला तो मौके पर हंगामा खड़ा हो गया और तुरंत पुलिस को सूचना दी गई। आदित्यपुरम स्थित ग्रीनवुड स्कूल के पास रहने वाले प्रोजेक्ट इंजीनियर कृपाल सिंह गुर्जर अपने भाई सुमित गुर्जर (आरक्षक, शहडोल) की शादी के बाद परिवार के साथ बाजार आए थे। पाउच में करीब 15 तोला सोना रखा था, जिसमें रानी हार, हाथफूल और अंगूठियां शामिल थीं। CCTV में कैद हुई घटनापुलिस ने आसपास दुकानों के CCTV फुटेज खंगाले, जिसमें दो महिलाएं पाउच उठाते हुए साफ नजर आई हैं। फुटेज के अनुसार महिलाएं पहले एक बर्तन की दुकान पर गई थीं और वहां से निकलते समय उन्हें पाउच मिला। गहने देखने के बाद वे जल्दी-जल्दी वहां से निकल गईं। महिलाओं का रूट ट्रेसपुलिस ने CCTV की मदद से दोनों महिलाओं की मूवमेंट ट्रैक की है। वे सदर बाजार से गिर्राज मंदिर होते हुए अग्रसेन चौराहा और फिर सब्जी मंडी की ओर जाती दिखीं। इसके बाद वे गर्ल्स कॉलेज की दिशा में जाती नजर आईं। पुलिस की कार्रवाई जारीमुरार थाना और क्राइम ब्रांच की टीम मामले की जांच में जुटी है। पुलिस का कहना है कि CCTV फुटेज के आधार पर जल्द ही संदिग्ध महिलाओं की पहचान कर उन्हें गिरफ्तार किया जाएगा।
इंदौर के प्रतिष्ठित डेली कॉलेज में 22 अप्रैल से आयोजित होने जा रहे भारतीय जनता पार्टी के सात राज्यों के वरिष्ठ नेताओं के प्रशिक्षण वर्ग ने राजनीतिक तूल पकड़ लिया है। इस आयोजन की तैयारियों के बीच प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री और संस्थान के संरक्षक दिग्विजय सिंह ने कड़ा रुख अपनाया है। सिंह ने डेली कॉलेज बोर्ड के प्रेसिडेंट को एक पत्र लिखकर परिसर के राजनीतिक इस्तेमाल पर अत्यंत क्षोभ, निराशा और पीड़ा व्यक्त की है। उन्होंने संस्थान की निष्पक्षता और संस्थागत स्वतंत्रता को गंभीर क्षति पहुंचने का दावा करते हुए इस आयोजन की स्पष्ट निंदा की है। दिग्विजय सिंह ने अपने पत्र में तीखे सवाल उठाते हुए कहा है कि डेली कॉलेज कोई साधारण संपत्ति नहीं है जिसे किसी दल की पक्षपातपूर्ण सुविधा के लिए सौंप दिया जाए। उन्होंने इसे एक खतरनाक ‘पैटर्न’ करार देते हुए कुछ पिछली घटनाओं का भी जिक्र किया है। सिंह के अनुसार, सितंबर 2025 में भी कॉलेज के गेट और परिसर में भगवा झंडे व बैनर लगाए गए थे। इसके अलावा, उन्होंने 4 अक्टूबर 2025 को आरएसएस के 100 वर्ष पूर्ण होने पर हुए कार्यक्रम और फरवरी 2026 में आयोजित ओडीए रॉयल कुकिंग फेस्टिवल के दौरान भी परिसर के राजनीतिकरण का मुद्दा उठाया है। उनका कहना है कि बार-बार हो रहे ऐसे आयोजनों से आम जनता के बीच यह संदेश जा रहा है कि यह स्वतंत्र शिक्षण संस्थान अब एक खास विचारधारा के प्रचार का केंद्र बनता जा रहा है। पूर्व मुख्यमंत्री ने अपनी बात को मजबूती देने के लिए अपने कार्यकाल का भी उल्लेख किया। उन्होंने लिखा कि मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री के रूप में उनके दो दशकों के कार्यकाल के दौरान कभी भी कांग्रेस का कोई कार्यक्रम डेली कॉलेज परिसर में आयोजित नहीं हुआ। उन्होंने तर्क दिया कि सरकारें आती-जाती रहती हैं, लेकिन 140 साल पुराने इस गौरवशाली संस्थान की प्रतिष्ठा और साख हर हाल में सुरक्षित रहनी चाहिए। उन्होंने पत्र के माध्यम से बोर्ड से पूछा है कि आखिर किसके अधिकार और अनुमति से परिसर को राजनीतिक गतिविधियों के लिए उपलब्ध कराया गया और क्या बोर्ड ऑफ गवर्नर्स को इसकी जानकारी दी गई थी। इस पूरे विवाद के बीच भाजपा के नगर अध्यक्ष सुमित मिश्रा की भूमिका पर भी सवालिया निशान लग रहे हैं। शहर के राजनीतिक गलियारों में चर्चा है कि डेली कॉलेज बोर्ड के आगामी चुनावों और वहां के आंतरिक समीकरणों को जानते हुए भी बार-बार ऐसे आयोजन क्यों कराए जा रहे हैं। दिग्विजय सिंह के दखल और विरोध के बाद अब यह मामला न केवल कॉलेज के भीतर बल्कि शहर की राजनीति में भी चर्चा का विषय बन गया है। फिलहाल, 22 अप्रैल के कार्यक्रम की तैयारियों और उस पर उठे इस विरोध ने संस्थान के प्रबंधन को कटघरे में खड़ा कर दिया है।
लखनऊ के दुबग्गा स्थित जॉगर्स पार्क की बदहाली पर आखिरकार कार्रवाई हो गई। एक साल पहले निरीक्षण के बाद भी हालात नहीं सुधरने पर दैनिक भास्कर ने बदहाली की खबर प्रकाशित की थी। जिसके बाद एलडीए वीसी प्रथमेश कुमार ने सख्त कदम उठाते हुए पार्क की देखरेख कर रही फर्म श्री सांई शक्ति को ब्लैकलिस्ट करने का निर्देश दिया है। साथ ही फर्म की जमा ईएमडी जब्त करने के आदेश भी दिए गए हैं। दैनिक भास्कर की खबर को संज्ञान में लेकर शुक्रवार को एलडीए उपाध्यक्ष प्रथमेश दोबारा निरीक्षण करने पहुंचे थे। उपाध्यक्ष को पार्क की स्थिति पहले से भी खराब मिली। पाथवे पूरी तरह टूटे हुए थे, जिससे मॉर्निंग वॉक करने वालों को परेशानी हो रही थी। वहीं पूरे पार्क में पेड़-पौधों का कचरा फैला मिला, जिसकी लंबे समय से सफाई नहीं कराई गई थी। लापरवाही पर नाराज वीसी ने मौके पर ही उद्यान प्रभारी मो. इमरान को जमकर फटकार लगाई। उनकी भूमिका पर सवाल उठाते हुए जांच के निर्देश दिए गए हैं, ताकि यह तय हो सके कि निगरानी में चूक कहां हुई। सुधार कार्य शुरू वीसी की सख्ती के बाद पार्क में सुधार कार्य शुरू करा दिया गया है। बाउंड्रीवॉल और एंट्री गेट की मरम्मत हो रही है, जबकि पाथवे का निर्माण जल्द शुरू किया जाएगा। भास्कर ने उठाया था मुद्दा जॉगर्स पार्क की बदहाल स्थिति को लेकर दैनिक भास्कर ने प्रमुखता से खबर प्रकाशित की थी, जिसके बाद प्रशासन हरकत में आया।
लखनऊ में बढ़ती गर्मी का असर:लोहिया पार्क का स्पोर्ट्स जोन अब सुबह 7 बजे से खुलेगा
लखनऊ में लगातार बढ़ती गर्मी और लू के प्रकोप को देखते हुए (एलडीए) ने बड़ा फैसला लिया है। लोहिया पार्क में बने स्पोर्ट्स जोन को बच्चों के लिए सुबह 7 बजे से खोल दिया जाएगा। पहले यह समय सुबह 10 बजे था, जिसे लेकर अभिभावकों ने आपत्ति जताई थी। एलडीए वीसी के मुताबिक बढ़ती तपिश को ध्यान में रखते हुए यह बदलाव किया गया है ताकि बच्चे सुबह के ठंडे माहौल में स्केटिंग, बैडमिंटन और क्रिकेट जैसी गतिविधियां कर सकें। लोगों की शिकायत के बाद बदला फैसला पहले स्पोर्ट्स जोन देर से खुलने के कारण बच्चों को तेज धूप में खेलना पड़ता था। अभिभावकों का कहना था कि 10 बजे तक सूरज तेज हो जाता है, जिससे बच्चों में डिहाइड्रेशन और हीट स्ट्रोक का खतरा बढ़ जाता है। साथ ही स्कूल टाइम के कारण भी बच्चे खेल गतिविधियों में हिस्सा नहीं ले पा रहे थे। अब मिलेगी राहत समय में बदलाव के बाद अब बच्चे सुबह जल्दी आकर आरामदायक माहौल में खेल सकेंगे। एलडीए वीसी ने संबंधित अधिकारियों को तत्काल प्रभाव से नई समय सारणी लागू करने के निर्देश दिए हैं। इस फैसले से न सिर्फ बच्चों को राहत मिलेगी, बल्कि गर्मी के मौसम में उनकी सेहत भी सुरक्षित रहेगी।
इटावा में एसएसपी आवास से 200 मीटर की दूरी और ईदगाह के सामने स्थित कार रिपेयरिंग गैराज में सोमवार शाम भीषण आग लग गई, जिससे पूरे इलाके में अफरा-तफरी मच गई। आग ने देखते ही देखते विकराल रूप ले लिया और गैराज में रखा सामान, मशीनरी और कई वाहन जलकर राख हो गए। दमकल की कई गाड़ियों ने मौके पर पहुंचकर कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। शुरुआती अनुमान के मुताबिक इस हादसे में लाखों रुपये का नुकसान हुआ है और कारण शॉर्ट सर्किट बताया जा रहा है। घटना सोमवार शाम करीब आठ बजे की बताई जा रही है, जब गैराज के अंदर से अचानक धुआं उठता दिखाई दिया। कुछ ही मिनटों में आग की लपटें तेज हो गईं और पूरे गैराज को अपनी चपेट में ले लिया। गैराज में रखे टायर और वेल्डिंग के लिए मौजूद ऑक्सीजन सिलेंडर एक-एक कर फटने लगे, जिससे जोरदार धमाके हुए। इन धमाकों की आवाज से आसपास के दुकानदारों और लोगों में दहशत फैल गई और लोग अपनी दुकानें छोड़कर बाहर निकल आए। दमकल और पुलिस ने संभाला मोर्चा सूचना मिलते ही सिविल लाइंस और कोतवाली थाना पुलिस के साथ दमकल विभाग की टीम मौके पर पहुंची। आग की भयावहता को देखते हुए एक के बाद एक कई दमकल गाड़ियों को बुलाया गया। करीब डेढ़ घंटे तक लगातार पानी और फोम डालकर आग बुझाने का प्रयास किया गया। पुलिस ने सुरक्षा के लिहाज से एसएसपी रोड पर यातायात पूरी तरह रोक दिया और मार्ग को डायवर्ट कर दिया, जिससे बचाव कार्य में कोई बाधा न आए और लोगों की सुरक्षा बनी रहे। गैराज में खड़ी गाड़ियां और सामान जला आग इतनी भयंकर थी कि गैराज में मौजूद रिपेयरिंग का सारा सामान, महंगी मशीनें और ग्राहकों की कई गाड़ियां जलकर पूरी तरह नष्ट हो गईं। बताया जा रहा है कि करीब आधा दर्जन वाहन आग की चपेट में आए। देखते ही देखते पूरा गैराज धू-धू कर जलता रहा और कुछ ही देर में राख में तब्दील हो गया। स्थानीय लोगों ने भी आग बुझाने की कोशिश की, लेकिन आग पर काबू पाना उनके बस में नहीं था। गैराज मालिक अनीस ने बताया कि वह दुकान बंद कर बाजार गए थे, तभी आग लगने की सूचना मिली। मौके पर पहुंचने तक पूरा गैराज जल चुका था। उन्होंने किसी रंजिश की आशंका भी जताई, हालांकि इसकी पुष्टि नहीं हुई है। क्षेत्राधिकारी नगर अभय नारायण राय ने बताया कि आग पर काबू पा लिया गया है और नुकसान का आकलन किया जा रहा है। प्रारंभिक जांच में शॉर्ट सर्किट की आशंका जताई गई है, लेकिन हर पहलू से जांच की जा रही है ताकि आग लगने के सही कारण का पता लगाया जा सकेगा।
गोंडा जिले के परसपुर थाना क्षेत्र अंतर्गत डेहरास ग्राम पंचायत के गजराज पुरवा में सोमवार देर रात 10 बजे चुनावी रंजिश को लेकर गोलीबारी की घटना सामने आई है। जहां भाजपा जिला पंचायत सदस्य प्रतिनिधि भूपेंद्र सिंह को गांव के कुछ लोगों ने आपसी कहासुनी के बाद गोली मार दी। गंभीर रूप से घायल भूपेंद्र सिंह को इलाज के लिए गोंडा से लखनऊ रेफर किया गया है। यह घटना देर रात उस समय हुई जब भूपेंद्र सिंह अपनी गाड़ी में बैठ रहे थे। गोली लगने के बाद उनकी गाड़ी एक पेड़ से टकरा गई। परिवार के सदस्य उन्हें तत्काल सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र परसपुर ले गए, जहां से उन्हें गोंडा मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया। हालत गंभीर होने के कारण उन्हें लखनऊ रेफर कर दिया गया है। भूपेंद्र सिंह के पेट में गोली के छर्रे लगे हैं, जिससे उनकी हालत नाजुक बनी हुई है। घटना की गंभीरता को देखते हुए गोंडा के पुलिस अधीक्षक विनीत जायसवाल घटनास्थल पर पहुंचे। उन्होंने भाजपा जिला पंचायत सदस्य प्रतिनिधि भूपेंद्र सिंह की पत्नी और परसपुर पंचम से जिला पंचायत सदस्य अनामिका सिंह से घटना के संबंध में जानकारी ली। आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस अधीक्षक ने पांच टीमों का गठन किया है। भूपेंद्र सिंह पूर्व सांसद बृजभूषण शरण सिंह के करीबी बताए जाते हैं। उनकी पत्नी अनामिका सिंह परसपुर पंचम क्षेत्र से जिला पंचायत सदस्य हैं। भूपेंद्र सिंह स्वयं भी जिला पंचायत सदस्य प्रतिनिधि होने के साथ-साथ प्रधानी चुनाव की तैयारी कर रहे थे। पुलिस अधीक्षक विनीत जायसवाल ने बताया कि प्रारंभिक जांच में यह घटना चुनावी रंजिश और आपसी कहासुनी का परिणाम प्रतीत होती है। पुलिस अधीक्षक ने पुष्टि की कि उन्होंने मौके पर पहुंचकर घटनास्थल का निरीक्षण किया है। उन्होंने बताया कि घटना के खुलासे और आरोपियों की धरपकड़ के लिए पांच पुलिस टीमों को लगाया गया है। पुलिस ने जल्द ही इस पूरे मामले का खुलासा करने का आश्वासन दिया है। घायल भूपेंद्र सिंह को इलाज के लिए गोंडा मेडिकल कॉलेज में एंबुलेंस से नीचे उतारते समय साथ आए लोगों ने मेडिकल कॉलेज सुरक्षा में तैनात गार्ड से गाली गलौज भी की है। जिससे गोंडा मेडिकल कॉलेज में तैनात कई गार्ड नाराज हैं और उन्होंने पूरे मामले में कार्रवाई की मांग की है।
देवरिया में अज्ञात वाहन की टक्कर से युवक की मौत:ड्राइवर गाड़ी लेकर मौके से फरार, पुलिस तलाश में जुटी
देवरिया के रामपुर कारखाना थाना क्षेत्र में सोमवार रात एक सड़क हादसे में युवक की मौत हो गई। यह घटना नौतन हथियागढ़ स्थित नहर के पास हुई, जहां एक तेज रफ्तार अज्ञात वाहन ने युवक को टक्कर मार दी।मृतक की पहचान नौतन हथियागढ़ निवासी सुनील सिंह (22) पुत्र चंद्रिका सिंह के रूप में हुई है। परिजनों के अनुसार, सुनील मजदूरी कर अपने परिवार का भरण-पोषण करता था। सोमवार रात वह बाजार से घर लौट रहा था। नहर के पास पहुंचने पर एक अज्ञात वाहन ने उसे जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि सुनील ने मौके पर ही दम तोड़ दिया। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि टक्कर लगने के बाद सुनील सड़क पर गिर गया और गंभीर रूप से घायल हो गया। आसपास के लोगों ने उसे संभालने की कोशिश की, लेकिन उसकी हालत बिगड़ती चली गई। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और युवक को अस्पताल भिजवाया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। हादसे के बाद चालक वाहन समेत मौके से फरार हो गया। पुलिस ने आसपास के लोगों से पूछताछ शुरू कर दी है और आरोपी वाहन व चालक की पहचान के लिए क्षेत्र में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है। घटना की सूचना मिलते ही मृतक के परिवार में शोक छा गया। सुनील ही परिवार का मुख्य कमाने वाला सदस्य था। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और मामले की जांच जारी है। स्थानीय लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि हादसे के जिम्मेदार वाहन चालक को जल्द गिरफ्तार कर कड़ी कार्रवाई की जाए, ताकि पीड़ित परिवार को न्याय मिल सके।
बदायूं में सड़क हादसा, मां-बेटे की मौत:XUV की टक्कर से पलटी ट्रॉली, नौ लोग घायल
बदायूं में सोमवार को एक भीषण सड़क हादसे में मां और उसके तीन माह के बेटे की मौत हो गई। बिजनौर हाईवे पर थाना उघैती क्षेत्र में तेज रफ्तार XUV कार ने एक ट्रैक्टर-ट्रॉली को टक्कर मार दी, जिससे ट्रॉली पलट गई। इस हादसे में नौ लोग गंभीर रूप से घायल भी हुए हैं। जानकारी के अनुसार, उझानी कोतवाली क्षेत्र के गांव बसोमा निवासी लोग ट्रैक्टर-ट्रॉली से इस्लामनगर थाना क्षेत्र के समदनगर गांव में अपने रिश्तेदारों के यहां 'भात' कार्यक्रम में शामिल होने जा रहे थे। उघैती कस्बे के पास सामने से आ रही तेज रफ्तार महिंद्रा XUV700 ने ट्रॉली में जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि ट्रॉली अनियंत्रित होकर पलट गई और उसमें सवार लोग सड़क पर गिरकर घायल हो गए। हादसे की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और राहत-बचाव कार्य शुरू किया। घायलों को तत्काल 112 और 108 एंबुलेंस की मदद से सीएचसी रुदायन भेजा गया। वहां चिकित्सकों ने बसोमा निवासी सुमन पत्नी हरदीप और उसके तीन माह के बच्चे को मृत घोषित कर दिया। घायलों में शिवानी (14), माही (10), ज्योति (15), सुनीता (40), उमानदेही (32), खुशबू (26), जय देवी (60), वीर (45) और वर्षा (16) शामिल हैं, जिनका इलाज चल रहा है। हादसे के बाद हाईवे पर जाम लग गया, जिसे पुलिस ने कड़ी मशक्कत के बाद खुलवाकर यातायात सुचारू कराया। पुलिस मामले की जांच में जुटी है और दुर्घटना के कारणों का पता लगाया जा रहा है।
पीलीभीत में मासूम से छेड़छाड़ का मामला सामने आया है। इस घटना के बाद दो समुदायों के बीच तनाव की स्थिति उत्पन्न हो गई। जिसके मद्देनजर पुलिस प्रशासन पूरी तरह सतर्क है। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी ई-रिक्शा चालक को गिरफ्तार कर लिया है। पीड़िता की मां ने थाना सुनगढ़ी में तहरीर दी, जिसमें बताया गया कि यह घटना 19 अप्रैल की शाम को हुई थी। उस समय वह और उनके पति किसी काम से बाहर गए हुए थे। उनकी बेटी पड़ोस के घर में अपनी सहेली के साथ खेल रही थी। पड़ोस के घर में भी उस वक्त कोई बड़ा सदस्य मौजूद नहीं था। सहेली को आता देख आरोपी मौके से फरार इसी दौरान, पड़ोस में ई-रिक्शा चलाने वाला कय्यूम पुत्र इश्तियाक, जो ग्राम चिड़ियादाह का निवासी है, वहां पहुंचा। बच्चियों को अकेला पाकर आरोपी ने मासूम बच्ची को बहला-फुसलाकर उसके साथ छेड़छाड़ और अश्लील हरकतें करना शुरू कर दिया। जब मासूम बच्ची डर के मारे रोने लगी, तो उसकी सहेली तुरंत मौके पर पहुंच गई। सहेली को आता देख आरोपी कय्यूम घबरा कर मौके से फरार हो गया। सहेली ने बिना देर किए फोन के माध्यम से पीड़िता के परिजनों को पूरे घटनाक्रम की जानकारी दी, जिसके बाद परिवार वाले तुरंत घर पहुंचे। मामले की संवेदनशीलता और दो अलग-अलग समुदायों से जुड़े होने के कारण गांव में तनाव फैल गया। सूचना मिलते ही पुलिस बल मौके पर पहुंचा। पुलिस ने पीड़िता की मां की तहरीर पर आरोपी के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया। थानाध्यक्ष नरेश त्यागी ने बताया- पीड़िता की मां की तहरीर के आधार पर रिपोर्ट दर्ज कर ली गई। पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए आरोपी कय्यूम को गिरफ्तार कर लिया है। गांव में शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस बल तैनात किया गया है और स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में है।
झांसी में सोमवार को आर्मी के एक जवान ने गोली मारकर सुसाइड कर लिया। वह ड्यूटी पर तैनात थे। तभी अपनी राइफल को गर्दन में सटाकर टिगर दबा दिया। इससे बेजा उड़ गया और मौके पर ही उनकी मौत हो गई। पुलिस ने शव कब्जे में लेकर मामले की जांच शुरू कर दी है। सुसाइड के कारणों का पता नहीं चल पाया है। घटना बबीना स्थित सैन्य क्षेत्र की है। ग्वालियर के रहने वाले थे मध्य प्रदेश के ग्वालियर की पीएचए कॉलोनी निवासी कोमल सिंह (49) पुत्र परमाल सिंह बबीना में डीएससी (सेना सुरक्षा कोर) शाखा में तैनात थे। इन दिनों उनकी तैनाती बबीना शाखा में थी। पुलिस के मुताबिक सोमवार को उनकी प्वांइट पर ड्यूटी थी। दोपहर को गोली चलने की आवाज सुनकर ड्यूटी में तैनात अन्य लोग वहां पहुंचे। वहां खून से लथपथ कोमल का शव जमीन पर पड़ा था। सूचना मिलने पर बबीना थानाध्यक्ष विनय साहू भी पहुंच गए। तब तक कोमल की मौत हो गई थी। थानाध्यक्ष विनय साहू ने बताया कि सैन्य कर्मी के सुसाइड की बात सामने आई है। सुसाइड की वजह पता नहीं चल सकी। कोमल की मौत की सूचना मिलते ही परिवार के लोग भी आ गए। शव देखकर उनको रो रोकर बुरा हाल है। परिवार में पत्नी अनीता समेत पुत्र प्रदीप एवं बेटी खुशबू हैं।
प्रयागराज में सोमवार को उत्तर मध्य क्षेत्र सांस्कृतिक केंद्र (NCZCC) और चंडीगढ़ संगीत नाटक अकादमी के संयुक्त तत्वावधान में 'बैसाखी महोत्सव' का आयोजन किया गया। इस दौरान पंजाब की समृद्ध लोक संस्कृति की मनमोहक झलक देखने को मिली। सांस्कृतिक केंद्र के प्रेक्षागृह में ढोल की थाप, सारंगी की सुरीली तान और लोक गीतों ने दर्शकों को देर रात तक मंत्रमुग्ध रखा। महोत्सव का शुभारंभ पारंपरिक दीप प्रज्वलन के साथ हुआ। इस अवसर पर मुख्य अतिथि सरदार मंजीत सिंह, चंडीगढ़ संगीत नाटक अकादमी की अध्यक्ष सुखमिंदर कौर बराड़, फिल्म निर्माता दीपक खन्ना, केंद्र निदेशक सुदेश शर्मा, उप निदेशक डॉ. मुकेश उपाध्याय और कार्यक्रम सलाहकार कल्पना सहाय मौजूद रहे। कार्यक्रम का संचालन हिमानी रावत ने किया। कार्यक्रम की शुरुआत फोक ऑर्केस्ट्रा ग्रुप की प्रस्तुति से हुई। गायिका मनप्रीत कौर ने 'आया लाड़ईए तैनु शेरहा वाला व्यावन आया' और 'काला डोरिया' जैसे लोकप्रिय पंजाबी गीत प्रस्तुत किए। उनकी प्रस्तुति पर दर्शकों ने उत्साहपूर्वक तालियां बजाईं। इसके बाद, प्रसिद्ध गायिका राखी हुंदल ने 'मेरी जुगनी दे धागे पक्के' और 'भाभो कड़ ले संदूक चो गरारा' जैसे गीतों से अपनी मधुर आवाज का जादू बिखेरा। गायक कुलदीप तूर ने 'नित खैर मंगा सोह्णेया मैं तेरी' और 'अंखियां नु रहन दे' जैसे सूफियाना गीत प्रस्तुत कर कार्यक्रम को रूहानी रंग दिया। सुखविंदर कौर के सूफी गीतों ने भी दर्शकों को मंत्रमुग्ध किया। कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण परमजीत पम्मी और उनके दल की प्रस्तुति रही। उन्होंने ढोल, बांसुरी, हारमोनियम, सारंगी, अलगुजा और तुंबी जैसे पारंपरिक वाद्ययंत्रों की जुगलबंदी पेश की। इस शानदार प्रस्तुति ने दर्शकों को पंजाब के लोक जीवन और मेलों की याद दिलाई। पूरे आयोजन के दौरान प्रेक्षागृह दर्शकों से खचाखच भरा रहा। हर प्रस्तुति पर दर्शकों ने उत्साहपूर्वक तालियां बजाकर कलाकारों का हौसला बढ़ाया। इस बैसाखी महोत्सव ने प्रयागराज में पंजाब की सांस्कृतिक विरासत को जीवंत कर एक यादगार शाम का अनुभव कराया।
जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए आतंकी हमले में मारे गए शुभम द्विवेदी समेत 26 वीरों की स्मृति में शहर में श्रद्धांजलि सभा का आयोजन किया जा रहा है। शुभम द्विवेदी को याद करने व उन्हे शहीद का दर्जा दिलाने के लिये उनका परिवार मांग कर रहा है। 22 अप्रैल 2026 को कार्यक्रम मोतीझील स्थित लाजपत भवन में शाम 4 बजे से शुरू होगा। इस दौरान ‘ऑपरेशन सिंदूर’ के वीर नायकों को भी श्रद्धापूर्वक नमन किया जाएगा। श्रद्धांजलि सभा में ज्योतिषपीठाधीश्वर जगद्गुरु शंकराचार्य स्वामी वासुदेवानंद सरस्वती जी महाराज मुख्य अतिथि के रूप में मौजूद रहेंगे। वहीं विशिष्ट अतिथियों में उत्तर प्रदेश विधानसभा अध्यक्ष सतीश महाना और उप मुख्यमंत्री बृजेश पाठक शामिल होंगे।शहीद शुभम द्विवेदी की पत्नी ऐशान्या द्विवेदी और पिता संजय द्विवेदी ने सोमवार को प्रेसवार्ता कर शहरवासियों से अपील की है कि अधिक से अधिक संख्या में पहुंचकर वीर सपूतों को श्रद्धांजलि दें और उनके बलिदान को यादगार बनाएं।
प्रयागराज में AIMIM का जनाधार बढ़ा:दर्जनों लोगों ने ओवैसी की विचारधारा से प्रभावित होकर ली सदस्यता
प्रयागराज के दरियाबाद इलाके में ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन (AIMIM) ने एक नुक्कड़ सभा का आयोजन किया। इस दौरान बड़ी संख्या में लोगों ने पार्टी की सदस्यता ग्रहण की, जिससे प्रयागराज में AIMIM का जनाधार मजबूत हुआ। समाजसेवी तौसीफ़ अहमद अंसारी ने अपने दर्जनों समर्थकों के साथ AIMIM की विचारधारा से प्रभावित होकर पार्टी का दामन थामा। यह सदस्यता अभियान अंसार नगर क्षेत्र में आयोजित किया गया था। महानगर अध्यक्ष अफ़सर महमूद ने नवनियुक्त सदस्यों का माला पहनाकर स्वागत किया। उन्होंने अपने संबोधन में कहा कि AIMIM की नीतियां समाज के सभी वर्गों को न्याय और बराबरी का हक दिलाने के लिए प्रतिबद्ध हैं। अफ़सर महमूद ने कार्यकर्ताओं से पार्टी की विचारधारा को घर-घर तक पहुंचाने और संगठन को जमीनी स्तर पर मजबूत करने की अपील की। इस अवसर पर वक्ताओं ने असदुद्दीन ओवैसी के नेतृत्व की सराहना करते हुए कहा कि उनकी सोच और संघर्ष से प्रभावित होकर बड़ी संख्या में युवा पार्टी से जुड़ रहे हैं। वक्ताओं ने बताया कि AIMIM समाज के वंचित और पिछड़े वर्गों की आवाज को मजबूती से उठाने का काम कर रही है। सभा में महानगर संगठन मंत्री सैयद इरशाद आलम, महानगर प्रवक्ता इफ्तेखार अहमद मंदर, महानगर उपाध्यक्ष इफ्तेखार अंसारी, रियाजुल हक चौधरी, एजाज़ नकवी और विधानसभा शहर दक्षिणी अध्यक्ष तनवीर शाकिर तन्नू सहित कई पदाधिकारी मौजूद रहे। इसके अतिरिक्त, युवा नेता शहबाज खान, नवाब अंसारी, रईस आलम, मोहम्मद शकील, मोहम्मद इंतजार, मोहम्मद आकिफ, शादाब आलम, राजा अंसारी, मुदस्सिर अली, मोहम्मद आसिफ, मोहम्मद इंतखाब, लल्लू, मोहम्मद उस्मान, मोहम्मद शानू, मोहम्मद आदिल, मोहम्मद इजहार, सलामत मोहम्मद गाजी और मोहम्मद जुबेर समेत बड़ी संख्या में स्थानीय लोग भी शामिल हुए। पार्टी नेताओं ने विश्वास व्यक्त किया कि ऐसे कार्यक्रमों से संगठन को मजबूती मिलेगी और AIMIM प्रयागराज में अपनी स्थिति मजबूत करेगा।
छत्तीसगढ़ के कांकेर जिले में एक अनोखी बारात इन दिनों चर्चा का विषय बनी हुई है। यहां एक दूल्हा आधुनिक वाहनों को छोड़कर बैलगाड़ी में सवार होकर अपनी बारात लेकर पहुंचा। यह घटना कांकेर के चवाड़ गांव की है। मिली जानकारी के अनुसार, यह बारात चवाड़ गांव से करीब 6 से 7 किलोमीटर दूर ढेकुना गांव तक गई। इस पूरी यात्रा में सिर्फ दूल्हा ही नहीं, बल्कि बाराती भी बैलगाड़ियों में सवार होकर पहुंचे। पारंपरिक अंदाज में निकली बारात इस पहल को बढ़ती महंगाई, फिजूलखर्ची और आधुनिक दिखावे से बचने के साथ-साथ संस्कृति को बचाने की एक अनूठी कोशिश के रूप में देखा जा रहा है। पारंपरिक अंदाज में निकली यह बारात अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रही है और लोगों के बीच चर्चा का केंद्र बनी हुई है।
लखनऊ के जानकीपुरम इलाके में भतीजी की शादी में पति-पत्नी के बीच किसी बात को लेकर विवाद हो गया। जिसके बाद युवक ने कमरे में जाकर फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। वहीं इंदिरानगर थाना क्षेत्र के शीतल नगर जरारा इलाके में सोमवार को एक युवक ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। पहले मामले में जानकीपुरम इलाके में युवक ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। मृतक की पहचान धर्मपाल (24) के रूप में हुई है, जो पेशे से ई-रिक्शा चालक था। परिवार में उसकी पत्नी नेहा है। भतीजी की शादी की तैयारियां चल रही थीं धर्मपाल के भाई ने बताया घर में भतीजी ललिता की शादी की तैयारियां चल रही थीं। मंगलवार को बारात आनी है। रविवार को तेल पूजन का कार्यक्रम रखा गया था। कार्यक्रम के लिए सब लोग तैयार हो रहे थे। इस दौरान धर्मपाल ने पत्नी से दूसरी अपने मनपंसद साड़ी पहनने को बोल दिया। इस बात को लेकर दोनों के बीच विवाद हो गया। इसके बाद वह गुस्से में वहां से चला गया। रात में परिवार के सभी लोग खाना खाने के बाद सोने चले गए। सोमवार सुबह जब परिजन उठे और कमरे में पहुंचे तो देखा कि धर्मपाल ने पंखे से साड़ी के सहारे फांसी लगा ली है। फंदे से लटका देख लोगों की चीख निकल गई। घटना की सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पुलिस मामले की जांच कर रही है। परिजनों ने बताया बुधवार को भतीजी ललिता की बारात बाराबंकी से आनी थी। घर में शादी की तैयारियां जोर-शोर से चल रही थीं लेकिन इस घटना के बाद पूरे घर में सन्नाटा छा गया है। इंदिरानगर में युवक फंदे से लटका वहीं महमूदाबाद सीतापुर निवाड़ी अजय कुमार पत्नी और तीन बच्चों के साथ इंदिरा नगर के जरहरा क्षेत्र में रहता था। सोमवार को फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली।सूचना मिलते ही इंदिरानगर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पुलिस आसपास के लोगों से पूछताछ कर रही है और घटना के कारणों का पता लगाने में जुटी है। फिलहाल आत्महत्या के पीछे की वजह स्पष्ट नहीं हो सकी है। पुलिस का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच के बाद ही स्थिति साफ हो पाएगी।
हाथरस के मुरसान कोतवाली क्षेत्र के गारव गढ़ी गांव में धर्म परिवर्तन के शक में एक व्यक्ति और उसकी पत्नी को जूते की माला पहनाई गई। यह घटना एक पंचायत के दौरान हुई, जहां पिता और भाई ने मिलकर उन्हें जूते की माला पहनाई और उनके पारिवारिक व सामाजिक बहिष्कार की घोषणा की। जानकारी के अनुसार, गांव का निवासी बलराम अपनी पत्नी और बच्चे के साथ आगरा में रहता था, जहां वह झूला चलाने का काम करता था। होली के अवसर पर वह अपने गांव आया हुआ था। गांव आने के बाद उसने राम-राम कहना और प्रसाद आदि खाना छोड़ दिया था, जिससे परिवार के अन्य सदस्यों को उस पर शक हुआ। आज बलराम का अपने पिता शिवराज से झगड़ा हो गया। इस दौरान शिवराज और बलराम के एक भाई ने बलराम के साथ मारपीट की, जिसके जवाब में बलराम ने भी अपने पिता से मारपीट की। घटना के बाद अन्य ग्रामीण भी मौके पर एकत्रित हो गए और एक पंचायत बुलाई गई। पंचायत में बलराम के पिता शिवराज ने आरोप लगाया कि उनके बेटे बलराम ने ईसाई धर्म अपना लिया है। इसी कारण उन्होंने बलराम का पारिवारिक और सामाजिक बहिष्कार करने की घोषणा की। जब बलराम की पत्नी मीना अपने पति के पक्ष में आईं, तो इन लोगों ने बलराम और उसकी पत्नी दोनों को जूते की माला पहना दी। पिता और भाई को लिया हिरासत में... इस पूरे घटनाक्रम का एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गया। घटना की सूचना मिलने पर देर शाम पुलिस गांव पहुंची और जांच पड़ताल शुरू की। पुलिस ने बलराम के साथ उसके पिता और भाई को हिरासत में ले लिया है। सीओ सिटी योगेंद्र कृष्ण नारायण ने बताया कि मामले में जांच जारी है और नियमानुसार विधिक कार्रवाई की जाएगी। जूते की माला पिता और भाई ने ही पहनाई है।
नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) ने सोमवार को जेईई मेन 2026 सत्र 2 का रिजल्ट जारी कर दिया है। चंडीगढ़ के आरुष सिंघल ने 100 पर्सेंटाइल प्राप्ट कर ऑल इंडिया में 8वीं रैंक हासिल की। आरुष चंडीगढ़ के भवन स्कूल में पढ़ाई करते हैं। वे कोचिंग के अलावा रोजाना करीब 6 से 8 घंटे खुद भी पढ़ाई करते हैं। आरुष ने INMO, INPHO, INCHO और INAO जैसी परीक्षाओं के लिए क्वालीफाई किया और OCSC कैंप में भी हिस्सा लिया। आरुष ने कहा कि वे रटने के बजाय कॉन्सेप्ट समझने पर ध्यान देते हैं। अब उनका अगला लक्ष्य जेईई एडवांस में सफलता हासिल कर आईआईटी बॉम्बे में दाखिला लेना है। वहीं आरुष के अभिभावकों ने कहा कि हमें आरुष की मेहनत और अनुशासन पर गर्व है। उसकी कड़ी मेहनत और स्पष्ट लक्ष्य ने उसे यह सफलता दिलाई है।
ग्वालियर में अनुबंधित जमीन को किसी अन्य को बेचने का मामला सामने आया है। गिरवाई थाना पुलिस ने न्यायालय के आदेश पर इस मामले में प्रकरण दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। फरियादी पक्ष का आरोप है कि किसान ने उनसे अनुबंध कर राशि लेने के बाद भी जमीन किसी और को बेच दी, जबकि आरोपी पक्ष एग्रीमेंट की समय-सीमा समाप्त होने का दावा कर रहा है। गिरवाई थाना प्रभारी सुरेंद्र नाथ यादव के अनुसार, इस मामले में फरियादी सांई बाबा कंपनी के डायरेक्टर पृथ्वी बाघवानी हैं, जबकि आरोपी किसान बाबूलाल है। जानकारी के मुताबिक, वर्ष 2024 में तीन बीघा 11 विस्वा जमीन का एग्रीमेंट दोनों पक्षों के बीच हुआ था। जमीन की कीमत पांच करोड़ रुपए प्रति बीघा तय की गई थी और दो माह के भीतर रजिस्ट्री कराने की शर्त रखी गई थी। फरियादी का कहना है कि उन्होंने तय राशि का भुगतान कर दिया था, लेकिन रजिस्ट्री नहीं कराई गई। इसके बाद करीब एक साल बाद आरोपी किसान ने उक्त जमीन किसी अन्य व्यक्ति को बेच दी। जब इस बात की जानकारी फरियादी को लगी तो उन्होंने न्यायालय की शरण ली। मामले की सुनवाई के बाद न्यायालय ने पुलिस को प्रकरण दर्ज करने के निर्देश दिए, जिसके आधार पर गिरवाई थाना पुलिस ने केस दर्ज कर लिया है। वहीं, आरोपी पक्ष का कहना है कि एग्रीमेंट केवल दो माह के लिए था और तय समय सीमा में पूरी राशि का भुगतान नहीं किया गया, जिससे अनुबंध स्वतः निरस्त हो गया। उनका दावा है कि इसके बाद उन्होंने जमीन का सौदा दूसरी पार्टी से किया। आरोपी ने यह भी कहा है कि यदि फरियादी ने भुगतान किया है, तो उसके प्रमाण प्रस्तुत करें। फिलहाल पुलिस दोनों पक्षों के दस्तावेजों और दावों की जांच कर रही है। जांच के बाद ही पूरे मामले की स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।
आगरा के डौकी थाना क्षेत्र में घोड़ी पर चढे़ दूल्हे के सामने उसकी प्रेमिका अपनी मां के साथ पहुंच गई। प्रेमिका ने आरोप लगाया कि दूल्हे ने उससे शादी का वादा किया था। अब वो किसी और से शादी कर रहा है। बारात में प्रेमिका और उसकी मां के हंगामा करने पर हर कोई हैरान रह गया। प्रेमिका ने फोन कर पुलिस को भी बुला लिया। दुल्हन पक्ष के लोग भी आ गए। पुलिस प्रेमिका, उसकी मां और दूल्हे को लेकर थाने पहुंच गई। जानकारी के मुताबिक शमसाबाद बाद निवासी युवक की सोमवार को कछपुरा में बारात जानी थी। शाम को दूल्हा गाड़ी से निकला। रास्ते में प्रेमिका ने उसे रोक लिया। पुलिस को बुला लिया। वहां से दूल्हा निकल आया। रात करीब 9 बजे बारात चढ़ना शुरू हुई। इसी बीच प्रेमिका अपनी मां के साथ पहुंच गई। उन्होंने बारात को रोक लिया। हंगामा करना शुरू कर दिया। प्रेमिका ने फोन कर पुलिस को बुला लिया। प्रेमिका का कहना था कि युवक के साथ उसके 5 साल से प्रेम संबंध है। युवक ने शादी करने की बात कही थी। मगर, अब वो किसी और से शादी कर रहा है। वो शादी नहीं होने देगी। काफी देर तक हंगामा चलता रहा। इसके बाद पुलिस प्रेमिका, उसकी मां और दूल्हे को डौकी थाना ले आई। वहीं, बारात में हंगामे की सूचना पर वधू पक्ष के लोग भी आ गए। इस हंगामे के बाद शादी की रौनक में खलल पड़ गया। सभी लोग थाने पहुंच गए।
NTA यानी नेशनल टेस्टिंग एजेंसी ने JEE मेन के सेकेंड सत्र के परिणाम में लखनऊ का दबदबा रहा। अप्रैल सत्र में हुए इन एग्जाम में राजधानी के मेधावियों ने बेहतरीन परफॉर्म करके सभी का दिल जीत लिया। इनमें तेजस राज ने 99.73 स्कोर हासिल किया है। जबकि साक्ष्य वंश को 99.71, अनुज जैन को 99.68, अभ्युदय सार्थक को 99.5, भानु प्रकाश वर्मा को 99.66, अर्जुन अग्रवाल को 99.63, ऋषित रायजादा को 99.63, आशुतोष प्रताप सिंह को 99.58 और आदित्य राजपूत को 99.57 स्कोर मिला हैं। इसके अलावा अभ्युदय सार्थक चौहान ने 99.5 का परसेंटाइल स्कोर हासिल किया है। CMS के कई मेधावियों को मिले बेहतरीन अंक CMS प्रवक्ता ऋषि खन्ना ने बताया- 26 ने 99 परसेंटाइल से अधिक जबकि 109 छात्रों ने 95 परसेंटाइल से अधिक अंक अर्जित करने में सफल रहे। जनरल कटऑफ मार्क्स 93.41 है, जबकि EWS का कटऑफ मार्क्स 82.41, OBC का कट-ऑफ मार्क्स 80.92, SC का कट-ऑफ मार्क्स 63.91 और ST का कट-ऑफ मार्क्स 52.01 है।
30 हजार की फड के साथ 4 जुआरी धराए:हरसूद पुलिस ने रेवापुर के जंगल में दबिश दी, दो बाइक भी बरामद
खंडवा जिले में अवैध जुआ-सट्टा पर कार्रवाई के तहत हरसूद पुलिस ने रेवापुर जंगल में दबिश देकर चार आरोपियों को जुआ खेलते रंगे हाथों पकड़ा है। पुलिस ने मौके से 30 हजार 800 रुपए नकद, 52 ताश के पत्ते और दो बाइक जब्त की हैं। थाना प्रभारी हरसूद को मुखबिर से सूचना मिली थी कि रेवापुर जंगल में कुछ लोग हार-जीत का दांव लगाकर जुआ खेल रहे हैं। सूचना की पुष्टि के बाद पुलिस टीम ने सोमवार रात 8 बजे के करीब मौके पर पहुंचकर घेराबंदी कर दबिश दी। कार्रवाई के दौरान पुलिस ने चार आरोपियों नरसिंह पटेल (निवासी खिरकिया), मुकेश भारद्वाज (निवासी छिपाबड़, जिला हरदा), आजाद खान (निवासी चैनपुर सरकार) और विनोद देवड़ा (निवासी मुगल) को गिरफ्तार किया। इनके कब्जे से नकद राशि, ताश के पत्ते और दो मोटरसाइकिल जब्त की गईं। टीआई राजकुमार राठौर के अनुसार, सभी आरोपियों के खिलाफ थाना हरसूद में जुआ एक्ट की धारा 13 के तहत प्रकरण दर्ज किया गया है। आरोपी फिलहाल पुलिस गिरफ्त में हैं।
नागौर में बस-डंपर की भीषण भिड़ंत, 3 गंभीर घायल:हाइवे पर एक किलोमीटर तक जाम लगा, डेह रोड पर हुआ हादसा
नागौर मे डेह रोड स्थित गुड़ला चौराहे पर रविवार को निजी बस और गिट्टी से भरे डंपर की आमने-सामने की टक्कर में तीन लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। हादसे के समय बस में कोई सवारी नहीं थी। बस ड्राइवर राजू सिंह के साथ ही डंपर ड्राइवर जगदीश और कंडक्टर रूपनाथ को गंभीर हालत में जेएलएन हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया है, जहां तीनों का इलाज जारी है। जानकारी के अनुसार- निजी बस, स्टैंड पर सवारियां खाली कर पेट्रोल पंप पर पार्क होने जा रही थी, जबकि डेह से नागौर की तरफ आ रहा डंपर गिट्टी से भरा था। गुड़ला चौराहे पर दोनों वाहनों की तेज रफ्तार में आमने-सामने टक्कर हो गई। टक्कर इतनी भीषण थी कि दोनों वाहनों के आगे के हिस्से बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गए। गनीमत यह रही कि बस में कोई सवारी नहीं थी। वर्ना एक बहुत बड़ा हादसा हो सकता था। हादसे के बाद मौके पर भारी भीड़ जमा हो गई और हाइवे पर दोनों तरफ करीब एक किलोमीटर लंबा जाम लग गया। सूचना पर कोतवाली थाना पुलिस मौके पर पहुंची और क्रेन की मदद से डंपर व बस को सड़क से हटवाकर जाम खुलवाया। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
पूर्व मंत्री मोहन मरकाम ने भाजपा पर महिला आरक्षण बिल को लेकर भ्रम फैलाने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि भाजपा यह गलत प्रचार कर रही है कि कांग्रेस और विपक्षी दलों ने बिल का समर्थन नहीं किया, जिससे यह पारित नहीं हो सका। मोहन मरकाम ने स्पष्ट किया कि 'नारी शक्ति वंदन अधिनियम 2023' (106वां संविधान संशोधन) संसद के दोनों सदनों से पारित हो चुका है और राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के हस्ताक्षर के बाद यह कानून बन गया है। मरकाम के अनुसार भाजपा ने 16 अप्रैल 2026 को संसद में जो 131वां संविधान संशोधन विधेयक प्रस्तुत किया था, वह महिला आरक्षण के संदर्भ में नहीं था। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा महिला आरक्षण को एक मुखौटा बनाकर परिसीमन संशोधन बिल और केंद्र शासित प्रदेश कानून संशोधन बिल पास कराना चाहती थी। 131वें संविधान संशोधन विधेयक के प्रस्ताव सरकार की ओर से लोकसभा में प्रस्तुत इस 131वें संविधान संशोधन विधेयक में कई प्रस्ताव थे। इसमें लोकसभा की सीटें 850, राज्यों में 815 और केंद्र शासित प्रदेशों में 35 करने का प्रस्ताव शामिल था। परिसीमन के लिए 2011 की जनगणना का आधार विधेयक में परिसीमन के लिए 2011 की जनगणना को आधार बनाने की बात कही गई थी। साथ ही, पुडुचेरी, दिल्ली और जम्मू-कश्मीर के कानूनों में संशोधन का भी प्रस्ताव था, ताकि परिसीमन और महिला आरक्षण विधेयक को लागू किया जा सके। विधेयक गिरने पर कांग्रेस का दावा मरकाम ने बताया कि यह विधेयक इसलिए गिर गया, क्योंकि भाजपा सरकार के परिसीमन बिल पर देश के अन्य राज्यों को आपत्ति थी। उनका दावा था कि भाजपा आरक्षण को सामने रखकर परिसीमन बिल पास करना चाहती थी। नई जनगणना और परिसीमन पर सवाल उन्होंने कहा कि जब 2026-27 की जनगणना शुरू हो चुकी है और सरकार जाति जनगणना की भी बात कर चुकी है, तो फिर 2011 की जनगणना को आधार मानकर परिसीमन क्यों कराया जा रहा है? उन्होंने पूछा कि नए आंकड़ों के आधार पर परिसीमन क्यों नहीं किया जा रहा है। मोहन मरकाम ने यह भी सवाल उठाया कि यदि महिला आरक्षण बिल को तुरंत लागू करना है, तो सरकार परिसीमन का इंतजार किए बिना वर्तमान सदस्य संख्या में ही 33 प्रतिशत का आरक्षण क्यों नहीं देना चाहती।
जोधपुर पूर्व के डांगियावास थाना क्षेत्र में पुलिस और डीएसटी की संयुक्त कार्रवाई करते हुए एक पिता-पुत्र द्वारा अवैध मादक पदार्थ तस्करी का खुलासा करते हुए एक युवक को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपी के पशुबाड़े में मिट्टी में गड़े एक प्लास्टिक डिब्बे से 14 ग्राम एमडी पाउडर और 90 ग्राम अफीम दूध बरामद किया है। पूछताछ में सामने आया है कि यह अवैध मादक पदार्थों का पारिवारिक धंधा था, जिसमें पिता बाहर से माल लाता और घर पर बेटा बेचता था। पुलिस अब युवक के पिता की तलाश में जुटी है। पशुबाड़े की दीवार के पास मिट्टी में दबा था डिब्बा डीसीपी (ईस्ट) मनीष कुमार चौधरी ने बताया कि डांगियावास थानाधिकारी दौलाराम अपनी टीम के साथ इलाके में गश्त पर थे। इसी दौरान डीएसटी जोधपुर पूर्व के प्रभारी एसआई खेतसिंह ने सूचना दी कि धायलों की ढाणी रोड निवासी कानाराम जाट के घर में मादक पदार्थ हो सकते हैं। पुख्ता सूचना के आधार पर थानाधिकारी के साथ कॉन्स्टेबल नीरज, बिमला मकानी, संजय मीणा और रामलाल ने उस घर पर दबिश दी। घर पर कानाराम मौजूद नहीं था, लेकिन उसका बेटा विनोद (28) वहां मिल गया। पुलिस ने आरोपी उसके घर की सघन तलाशी ली। कमरों और छत पर कुछ नहीं मिला। इसके बाद पुलिस ने जब उससे सख्ती से पूछताछ की, तो उसने घर में अवैध मादक पदार्थ छिपाकर रखने की बात स्वीकार कर ली। विनोद को साथ लेकर पशुबाड़े की बारीकी से जांच करने पर वहां पिछली दीवार के पास मिट्टी में दबा हुआ एक सफेद रंग का प्लास्टिक का डिब्बा मिला। उस डिब्बे के अंदर दो अलग-अलग थैलियां थी। एक थैली में 14 ग्राम सफेद दानेदार एमडी पाउडर और दूसरी थैली में 90 ग्राम काले रंग का अफीम का दूध पाया गया। पुलिस ने मौके पर ही वजन कर मादक पदार्थों व आरोपी के मोबाइल को जब्त कर लिया। इस पर पुलिस ने विनोद को गिरफ्तार कर लिया। पिताजी बाहर से लाते हैं, मैं घर पर बेचता हूं पूछताछ में आरोपी विनोद ने पुलिस के सामने खुलासा किया कि उसका पिता कानाराम (45) बाहर से अवैध मादक पदार्थ लेकर आता है और वह (विनोद) घर से ग्राहकों को बेचता है। कार्रवाई के दौरान एक चौंकाने वाली बात यह सामने आई कि गांव में अधिकतर लोग एक ही जाति के होने और तस्करों के भय के कारण कोई भी व्यक्ति पुलिस का स्वतंत्र गवाह बनने को तैयार नहीं हुआ। मामले की आगे की जांच बनाड़ थानाधिकारी लेखराज सियाग को सौंपी गई है और फरार पिता की सरगर्मी से तलाश जारी है।
दुर्ग में 2 दिन पहले मिली लाश की पहचान हुई:मौत की वजह अज्ञात, पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार
दुर्ग जिले के नंदनी थाना क्षेत्र के अहेरी गांव में दो दिन पहले तालाब किनारे मिली अज्ञात लाश की पहचान हो गई है। मृतक की पहचान बोडेगांव निवासी 45 वर्षीय तेजपाल उर्फ लाला ताम्रकार के रूप में हुई है। पुलिस ने बताया कि शव काफी हद तक क्षत-विक्षत हो चुका था, जिससे पहचान करना चुनौतीपूर्ण था। पुलिस ने मर्ग कायम कर पंचनामा कार्रवाई के बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा था। जांच के दौरान शव की पहचान बोडेगांव निवासी तेजपाल उर्फ लाला ताम्रकार (45) के रूप में हुई। पहचान सुनिश्चित होने के बाद पुलिस ने शव परिजनों को सौंप दिया। पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद ही मौत की वजह पता चलेगी:एसपी दुर्ग के एडिशनल एसपी मणि शंकर चंद्रा ने बताया कि शव की खराब स्थिति के कारण मौत के कारणों का तत्काल पता नहीं चल पाया है। उन्होंने कहा कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा कि यह हत्या का मामला है या मौत किसी अन्य कारण से हुई है। पुलिस फिलहाल मामले की हर पहलू से जांच कर रही है। आसपास के लोगों से पूछताछ की जा रही है और घटनास्थल के हालात के आधार पर सुराग जुटाए जा रहे हैं। पुलिस का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट और आगे की जांच के बाद ही पूरे मामले का खुलासा हो पाएगा।
सुप्रीम कोर्ट ने कटनी के हाई-प्रोफाइल मामले में याचिकाकर्ता आशुतोष दीक्षित को मध्य प्रदेश हाईकोर्ट की कार्यवाही में शामिल होने की इजाजत दे दी है। यह पूरा मामला बीजेपी विधायक संजय सत्येंद्र पाठक का हाईकोर्ट के एक जज से संपर्क करने की कोशिश से जुड़ा है। जस्टिस सूर्यकांत और जस्टिस जॉयमाल्या बागची की बेंच ने कहा कि दीक्षित अब हाईकोर्ट में चल रही अवमानना की कार्यवाही में मदद के लिए आवेदन दे सकते हैं। विधायक पर जज को प्रभावित करने का आरोप मामले की शुरुआत तब हुई जब आशुतोष दीक्षित ने विधायक की कंपनियों पर अवैध खनन का आरोप लगाते हुए एक याचिका लगाई थी। इस केस की सुनवाई के दौरान हाईकोर्ट के जस्टिस विशाल मिश्रा ने खुद को मामले से अलग कर लिया। उन्होंने आदेश में साफ लिखा कि विधायक की तरफ से उनसे संपर्क करने की कोशिश की गई थी। इस खुलासे के बाद हाईकोर्ट ने विधायक के खिलाफ अवमानना का केस शुरू किया, लेकिन दीक्षित की पुरानी याचिका को बंद कर दिया था। इसी के खिलाफ दीक्षित सुप्रीम कोर्ट पहुंचे थे। जांच की मांग और कोर्ट की टिप्पणी सुप्रीम कोर्ट में दीक्षित के वकील ने दलील दी कि एक विधायक के जज को प्रभावित करना न्यायपालिका की गरिमा पर हमला है। उन्होंने मांग की कि सिर्फ अवमानना की कार्रवाई काफी नहीं है, बल्कि इस पूरे मामले की गहराई से जांच होनी चाहिए। वकील ने डर जताया कि विधायक सिर्फ माफी मांगकर इस गंभीर मामले से बच सकते हैं। हाईकोर्ट में फिर शुरू होगी कानूनी लड़ाई सुप्रीम कोर्ट ने भरोसा दिलाया है कि अगर जज से संपर्क करने की बात सच है, तो कानून अपना काम करेगा और दोषियों पर कार्रवाई होगी। अब आशुतोष दीक्षित मध्य प्रदेश हाईकोर्ट में चल रहे अवमानना के मामले में एक पक्ष के रूप में शामिल होंगे और अपना पक्ष रखेंगे।
सिरसा के कालांवाली में सोमवार शाम को एक महिला ने जहरीला पदार्थ निगल सुसाइड कर लिया गया। मृतका की पहचान करीब 39 वर्षीय गगनदीप के रूप में हुई है और वह दो बच्चों की मां थी। मामले के अनुसार, महिला के पति को कुछ देर पहले पुलिस किसी झगड़े के मामले में पूछताछ के लिए लेकर गई थी। तभी पीछे से महिला ने सुसाइड कर लिया। जानकारी के अनुसार, मृतक महिला के पति गुरतेज सिंह का कालांवाली गांव के फाइनेंसर नरेश से लेन-देन का विवाद था। लोन लिया हुआ था, जिसे भरने को लेकर फाइनेंसर व महिला के पति के बीच फोन पर आज सुबह ही दो से तीन बार बातचीत हुई और बहस हो गई। इसके बाद दोपहर को फाइनेंसर नरेश पर तीन अज्ञात युवकों ने हमला कर दिया और उसे चोट मार दी। फाइनसेंर ने इसकी शिकायत कालांवाली पुलिस थाने में दी और गुरतेज से बहस होने व झगड़े में शामिल होने का शक जताया। जिसके बाद पुलिस ने गुरतेज को पूछताछ के लिए बुलाया तो वह थाने आने से मना कर गया और कहा, घर आ जाओ। पुलिस उसके घर जा पहुंची और उसे पूछताछ के लिए थाने ले आई। जब गुरतेज थाने से घर पहुंचा तो ये घटना हो गई। इसके बाद उसने पुलिस को सूचना दी। मंगलवार को महिला के शव का पोस्टमार्टम करवाया जाएगा। पुलिस ने दोनों पक्षों की ओर से एफआईआर की इस मामले में मृतका के परिवार ने फाइनेंसर नरेश पर पैसो के लिए प्रताड़ित करने का आरोप लगाया है। पुलिस ने महिला के पति के आरोपों पर फाइनेंसर के खिलाफ धारा 306 बीएनएस के तहत केस दर्ज कर लिया। वहीं, फाइनेंसर की शिकायत में झगड़ा मामले में तीनों अज्ञात युवकों के खिलाफ केस दर्ज कर लिया है। पुलिस के अनुसार, गुरतेज की फोन पर सामान्य बातचीत हुई थी और वह इस घटना में शामिल नहीं पाया गया। फाइनेंसर की दुकान थाने के पास सूत्रों के अनुसार, फाइनेंसर नरेश की कालांवाली गांव में थाने से कुछ दूरी पर शेटरिंग की दुकान है और वह फाइनेंस का काम करता है। उसका गुरतेज सहित अन्य लोगों से लेन-देन चलता है। गुरतेज से पैसों को लेकर उसका दो तीन दिन से तू-तड़ाक हो रही थी। गुरतेज से सुबह भी बहस हुई थी। आज वह दुकान पर था तो अचानक तीन लड़के आए और उस पर हमला कर चोटें मारीं। फाइनेंसर ने गुरतेज पर हमला करवाने का शक जताया और पुलिस को शिकायत दी। पुलिस उसे पूछताछ के लिए थाने ले गई, जहां ऐसा कुछ नहीं मिला। गांव के सरपंच अजय सिंह ने बताया, वे अभी इसी मामले में थाने में गए हुए थे। पुलिस पर कोई आरोप नहीं है। फाइनेंसर के साथ ही झगड़ा चल रहा था और वह उनको प्रताड़ित करता था। ऐसे में महिला ने सुसाइड कर लिया। डीएसपी बोले- पुलिस पर कोई आरोप नहीं इस मामले में डीएसपी संदीप धनखड़ा ने बताया, महिला के परिजनों के बयान पर फाइनेंसर के खिलाफ धारा 306 का मुकदमा दर्ज कर लिया है। फाइनेंसर ने झगड़ा मामले में महिला के पति पर शक जताया था। पुलिस ने गुरतेज को बुलाया तो वह नहीं आया। जिसके बाद सरपंच को लेकर पुलिस उसके घर पहुंची तो उस समय वह घर पर ही था और महिला मौजूद नहीं थी। ऐसे में पुलिस उसे थाने में लेकर आई और जांच के बाद उसे वापस भेज दिया। पुलिस पर कोई आरोप नहीं है और महिला व उसके पति फाइनेंस वाले के साथ पैसों को लेकर विवाद चल रहा था। उसी के खिलाफ शिकायत दी है।
पंचकूला जिले में पिंजौर के सैनी मोहल्ला में 25 वर्षीय युवक सूरज ने अपने घर में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। बता दे कि पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए कालका अस्पताल की मोर्चरी में भिजवा दिया है और मामले की जांच शुरू कर दी है। पड़ोसी अमित ने बताया कि सूरज के दो दोस्तों ने उन्हें सूचित किया कि सूरज दरवाजा नहीं खोल रहा है। इसके बाद वे पड़ोसी घर की छत से सूरज के घर में दाखिल हुए। अंदर जाकर उन्होंने देखा कि सूरज कमरे में नीचे गिरा हुआ था और उसके गले में केबल की तार लिपटी हुई थी। उसकी सांसें नहीं चल रही थीं। पंखे से लटका मिला शव दोस्तों ने तुरंत 112 पर कॉल कर पुलिस को सूचना दी। मौके पर ईआरवी 526 की टीम पहुंची। जांच अधिकारी ने बताया कि घर में पंखे से केबल की तार लटकी हुई थी और वही तार मृतक के गले में लिपटी हुई थी। युवक मृत अवस्था में पाया गया। तीन भाइयों में सबसे छोटा था एडवोकेट विनोद गोरी ने बताया कि मृतक सूरज अपने तीन भाइयों में सबसे छोटा था। वह अपने पिता के साथ दिहाड़ी मजदूरी का काम करता था। स्थानीय लोगों के अनुसार, उन्होंने सूरज को सुबह बिल्कुल ठीक देखा था।
धमतरी में IPL सट्टा पर कार्रवाई:एक आरोपी गिरफ्तार, 1.20 लाख रुपये से अधिक का सामान जब्त
धमतरी में IPL सट्टे पर बड़ी कार्रवाई की गई है। पुलिस ने एक आरोपी को गिरफ्तार किया है, जिसे न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया है। इस कार्रवाई में 1 लाख 20 हजार 500 रुपये का सामान जब्त किया गया है। यह कार्रवाई धमतरी जिले के सिटी कोतवाली थाना क्षेत्र में हुई। पुलिस को सूचना मिली थी कि शंकर मंगलानी (39) अपने मोबाइल के माध्यम से ऑनलाइन लिंक के जरिए IPL क्रिकेट मैच में सट्टा संचालित कर रहा है। सूचना के आधार पर सिटी कोतवाली पुलिस टीम ने छापा मारा। पुलिस की कार्रवाई आरोपी शंकर मंगलानी के कब्जे से 10 हजार रुपये कीमत का एक मोबाइल फोन, दो सिम कार्ड और 1 लाख 10 हजार रुपये कीमत की एक स्कूटी जब्त की गई। जब्त किए गए सामान का कुल मूल्य 1 लाख 20 हजार 500 रुपये है। आरोपी के खिलाफ छत्तीसगढ़ जुआ प्रतिषेध अधिनियम 2022 के तहत कानूनी कार्रवाई की गई है।
तिल्दा में आईपीएल सट्टेबाजी करते 2 गिरफ्तार:मोबाइल, स्कूटी और नकदी सहित 1 लाख का सामान जब्त
तिल्दा-नेवरा पुलिस ने इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल) मैच पर ऑनलाइन सट्टा खेलते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने उनके पास से मोबाइल फोन, स्कूटी और नकदी सहित लगभग 1 लाख रुपए का सामान जब्त किया है। पुलिस को 18 अप्रैल को मुखबिर से सूचना मिली थी कि वार्ड क्रमांक 5, सिंधी कैंप निवासी सोनू उर्फ हरीश नासानी (33) अपने घर से ऑनलाइन गेमिंग ऐप के माध्यम से सट्टा लगा रहा है। इस सूचना पर थाना प्रभारी रमाकांत तिवारी के नेतृत्व में पुलिस टीम ने दबिश दी और आरोपी को मौके पर ही पकड़ लिया। उसके कब्जे से एक मोबाइल फोन जब्त किया गया। स्कूटी में बैठ कर सट्टा खेलते हुए युवक पकड़ाया इसी क्रम में पुलिस को विशाल बाजार के पीछे एक गली में स्कूटी पर बैठकर मोबाइल से सट्टा खेलते हुए एक अन्य युवक की सूचना मिली। पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए अनीश बजाज (25) को गिरफ्तार किया। उसके पास से एक मोबाइल फोन और स्कूटी (CG 04 PS 2636) जब्त की गई। पुलिस की कार्रवाई इस कार्रवाई में दोनों आरोपियों से कुल दो मोबाइल फोन (अनुमानित कीमत 25,000 रुपए), एक स्कूटी (35,000 रुपए) और 40,166 रुपए नकद बरामद किए गए। जब्त किए गए सामान की कुल कीमत लगभग 1,00,166 रुपए आंकी गई है। दोनों आरोपियों के खिलाफ छत्तीसगढ़ जुआ प्रतिषेध अधिनियम 2022 की धारा 7 के तहत अलग-अलग मामले दर्ज किए गए हैं। उन्हें न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उन्हें न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया। पुलिस अब जब्त किए गए मोबाइल फोन का तकनीकी विश्लेषण कर इस मामले में अन्य संलिप्त व्यक्तियों की तलाश कर रही है।
अलवर में नागरिक सुरक्षा तैयारियों को मजबूत करने के लिए मंगलवार शाम को मॉक ड्रिल और ब्लैकआउट का पूर्व अभ्यास किया जाएगा। जिला कलेक्टर डॉ. आर्तिका शुक्ला ने बताया- यह अभ्यास बाहरी या हवाई हमले जैसी आपात स्थितियों से निपटने की तैयारियों के तहत किया जा रहा है। मॉक ड्रिल बाबू शोभाराम राजकीय कला महाविद्यालय में किया जाएगा। इसके बाद शाम 7:45 बजे से महाविद्यालय के आसपास के सीमित क्षेत्र कर्मचारी कॉलोनी, अशोक विहार और रेलवे पुलिया के निकट इलाके में ब्लैकआउट किया जाएगा। प्रशासन ने संबंधित क्षेत्र के लोगों से अपील की है कि सायरन बजते ही बिना घबराए अपने घरों, प्रतिष्ठानों और वाहनों की लाइट बंद कर ब्लैकआउट में सहयोग करें। इस दौरान अनावश्यक रूप से घर से बाहर न निकलें और अफवाहों से बचें। ब्लैकआउट के दौरान ये रखें सावधानियां सायरन या हूटर बजते ही सभी लाइटें बंद कर दें और घर के अंदर ही रहें। माचिस, मोबाइल फ्लैश या टॉर्च का उपयोग न करें। यदि खिड़की से रोशनी बाहर जाती दिखे तो उसे ढंक दें। सड़क पर वाहन चला रहे लोग तुरंत किनारे रुककर लाइट बंद कर दें। धूम्रपान से बचें और भगदड़ न मचाएं। आपात स्थिति में ऐसे करें बचाव एयर रेड सायरन बजने पर शांतिपूर्वक सुरक्षित स्थान पर शरण लें। प्रशासन के निर्देशों का पालन करें और मोबाइल या रेडियो से सरकारी अलर्ट सुनते रहें। घर में कम से कम तीन दिन का पीने का पानी और सूखा भोजन रखें। प्राथमिक उपचार किट, जरूरी दस्तावेज और टॉर्च आदि पहले से तैयार रखें। ड्रोन हमले के संकेत के रूप में 2 मिनट तक ऊंची-नीची आवाज में सायरन बजेगा, जबकि खतरा टलने की सूचना एक समान आवाज में 2 मिनट तक सायरन बजाकर दी जाएगी। प्रशासन ने लोगों से सहयोग की अपील करते हुए कहा है कि किसी भी संदिग्ध वस्तु को न छुएं और तुरंत पुलिस को सूचना दें। किसी भी सहायता के लिए नागरिक सुरक्षा कंट्रोल रूम के नंबर 0144-2338000 और 8290026219 पर संपर्क किया जा सकता है।
भगत की कोठी-एमजीआर चेन्नई सेंट्रल सुपरफास्ट एक्सप्रेस ट्रेन का मोदरान रेलवे स्टेशन पर सोमवार से ठहराव शुरू हो गया। इस अवसर पर जालोर-सिरोही सांसद लुंबाराम चौधरी और राजस्थान विधानसभा के मुख्य सचेतक जोगेश्वर गर्ग ने ट्रेन को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। ट्रेन के आगमन के साथ ही लोगों में खासा उत्साह नजर आया। समदड़ी-भीलड़ी रेलखंड पर स्थित मोदरान स्टेशन पर आयोजित कार्यक्रम को संबोधित करते हुए अतिथियों ने ट्रेन संख्या 20626/20625 भगत की कोठी-एमजीआर चेन्नई सेंट्रल-भगत की कोठी सुपरफास्ट एक्सप्रेस के ठहराव को क्षेत्र के लिए बड़ी उपलब्धि बताया। उन्होंने कहा कि इससे यात्रियों को बेहतर सुविधा मिलेगी और क्षेत्र की रेल कनेक्टिविटी भी मजबूत होगी। जनप्रतिनिधियों ने इस रेल मार्ग पर अन्य आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए हरसंभव प्रयास का भरोसा दिलाया। साथ ही इस बड़ी सुविधा के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी एवं रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव का आभार जताते हुए क्षेत्रवासियों को शुभकामनाएं दीं। रेलवे के अनुसार- सप्ताह में 5 दिन संचालित होने वाली यह ट्रेन अब मोदरान स्टेशन पर ठहराव करेगी, जिसकी समय-सारणी पहले ही जारी की जा चुकी है। इस अवसर पर अपर मंडल रेल प्रबंधक करनीराम, वरिष्ठ मंडल इंजीनियर तरुण बिका, मंडल वाणिज्य प्रबंधक दीपक चौधरी सहित कई रेलवे अधिकारी एवं जनप्रतिनिधि उपस्थित रहे। कार्यक्रम के दौरान अतिथियों का साफा पहनाकर व स्मृति चिन्ह भेंट कर स्वागत किया गया। कार्यक्रम का संचालन राजकुमार जोशी ने किया।
लुधियाना में शिमलापुरी इलाके के बसंत नगर में सोमवार को बेटे ने मां की हत्या कर दी। नशे के लिए पैसे न मिलने पर एक युवक ने अपनी ही मां की बेरहमी से पिटाई करने के बाद गला दबा दिया। इसके बाद मां को अस्पताल ले जाकर हार्ट अटैक से मौत होने की कहानी गढ़ दी, लेकिन डॉक्टरों की सतर्कता से सच्चाई सामने आ गई। मृतका की पहचान 49 वर्षीय मनप्रीत कौर के रूप में हुई है, जो अपने पति से अलग रह रही थी। उसका 28 वर्षीय बेटा परविंदर सिंह उसके साथ ही रहता था। वह दिहाड़ी मजदूरी करता है। परविंदर नशे का आदी है। पैसों को लेकर हुआ विवाद, बेरहमी से की पिटाईपुलिस जांच में सामने आया कि सोमवार को आरोपी परविंदर सिंह ने मां से नशा करने के लिए पैसे मांगे। मां के इनकार करने पर वह आग बबूला हो गया और उसने मां की बेरहमी से पिटाई शुरू कर दी। इससे उसकी पसलियां टूट गईं और फेफड़ों तक को नुकसान पहुंचा। इसके बाद आरोपी ने गला दबाकर उसकी हत्या कर दी। अस्पताल ले जाकर बोला- हार्ट अटैक से मौतहत्या के बाद आरोपी खुद ही मां के शव को अस्पताल लेकर पहुंचा और डॉक्टरों को बताया कि मां की मौत हार्ट अटैक से हुई है। लेकिन डॉक्टरों ने गले पर निशान देखकर शक जाहिर किया और पुलिस को सूचना दी। तीन डॉक्टरों के बोर्ड द्वारा किए गए पोस्टमॉर्टम में खुलासा हुआ कि महिला की मौत गला दबाने से हुई है और उससे पहले उसे बुरी तरह पीटा गया था। पूछताछ में टूटा आरोपी, कबूला जुर्मपोस्टमॉर्टम रिपोर्ट के बाद डाबा थाना पुलिस ने आरोपी को हिरासत में लेकर सख्ती से पूछताछ की, जिसके बाद उसने अपना जुर्म कबूल कर लिया। आरोपी ने बताया कि उसने सोचा था कि हार्ट अटैक की कहानी पर पुलिस भरोसा कर लेगी और पोस्टमॉर्टम नहीं होगा, जिससे वह बच जाएगा। थाना डाबा के एसएचओ सब-इंस्पेक्टर प्रमोद राज ने बताया कि आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है और आगे की कार्रवाई की जा रही है।
प्रदेश के कृषि मंत्री एदल सिंह कंसाना की नतिनी की शादी में आशीर्वाद देने मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव और केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान आज (सोमवार) मुरैना पहुंचे। मंत्री एदल सिंह के निवास पर पहुंच वर वधू को आशीर्वाद दिया। शादी रविवार (19 अप्रैल) को हो चुकी थी। आज इन नेताओं के द्वारा घर पर पहुंच आशीर्वाद दिया। शिवराज बोले- बंगाल में ममता का सूपड़ा साफशादी में शामिल होने के बाद मीडिया से बातचीत में केंद्रीय मंत्री शिवराज ने बंगाल चुनाव पर बयान देते हुए कहा कि अब बंगाल में ममता बनर्जी का सूपड़ा साफ है। महिला आरक्षण बिल पर कहा कि कांग्रेस को महिलाएं-बहनें कभी माफ नहीं करेंगी।
जोधपुर में पुलिस ने अवैध स्पा सेंटर पर कार्रवाई की। जोधपुर कमिश्नरेट के सरदारपुरा थाना इलाके में पुलिस ने अवैध गतिविधियों पर लगाम कसते हुए बी रोड स्थित ओसो टावर में संचालित 'द हाईड अवे' स्पा सेंटर पर दबिश दी। पुलिस और जिला विशेष टीम (DST) की इस संयुक्त कार्रवाई में मौके से स्पा सेंटर संचालिका सहित चार लोगों को गिरफ्तार किया। इनमें उत्तर प्रदेश और महाराष्ट्र की लड़कियां भी शामिल हैं। डीसीपी (वेस्ट) कमल शेखावत ने बताया- शहर में अवैध गतिविधियों की रोकथाम के लिए पुलिस आयुक्त शरत कविराज के निर्देशानुसार विशेष अभियान चलाया जा रहा है। इसी अभियान के तहत सोमवार को डीएसटी पश्चिम के एसआई महेंद्र को ओसो टावर स्थित स्पा सेंटर में अवैध गतिविधियों के संचालन की सूचना मिली थी। इस पर एडीसीपी (पश्चिम) नीरज शर्मा व एसीपी (पश्चिम) छवि शर्मा की निगरानी में सरदारपुरा थानाधिकारी जयकिशन सोनी के नेतृत्व में विशेष पुलिस टीम का गठन कर इसमें एसआई विश्राम, एएसआई राजेन्द्र सिंह, कॉन्स्टेबल मुरारी लाल और महिला कॉन्स्टेबल सरिता को शामिल किया गया। समझाइश पर उलझे, शांतिभंग में हुई गिरफ्तारी पुलिस टीम ने जब स्पा सेंटर में दबिश दी, तो वहां एक पुरुष व तीन महिलाएं मौजूद मिलीं। पुलिस ने जब उनसे उनकी गतिविधियों के बारे में पूछताछ की और नाम-पते मांगे, तो वे आनाकानी करने लगे। पुलिस द्वारा समझाइश के बावजूद आरोपी नहीं माने और टीम से ही उलझने लगे। इस पर पुलिस ने ‘द हाईड अवे’ स्पा सेंटर में ही रहने वाली दिल्ली के बिंदापुर पश्चिम में उत्तम नगर दयाल सर रोड निवासी संचालिका नेहा मधावन (44), यूपी के सहारनपुर में लालपुरा निवासी रागनी जोगी (22), महाराष्ट्र वेस्ट के लोकमान नगर पाड़ा नंबर 3 जिनत मोहम्मद (23) पुत्री मोहम्मद फिरोज और जोधपुर के पावटा रसाला रोड कालू खां की हवेली निवासी रोहित मेहरा (20) पुत्र लक्ष्मण राम मेघवाल को शांतिभंग के आरोप में गिरफ्तार कर लिया।
फरीदाबाद में कबाड़ के गोदाम में लगी आग:10 झुग्गियां जलकर राख, दूर तक दिखा धुएं का गुबार
फरीदाबाद जिले के डबुआ गाजीपुर गांव के पास कबाड़ बीनने वालों की झुग्गियों और उनके द्वारा इकट्ठा किए गए कबाड़ में आग लग गई। देखते ही देखते आग ने विकराल रूप ले लिया और आसपास के इलाके में हड़कंप मच गया। बता दे कि गाजीपुर नंगला रोड के पास गोदाम और कबाड़ बीनने वालों की झुग्गियां बनी हुई थीं, जिनमें बड़ी मात्रा में प्लास्टिक और अन्य कबाड़ का सामान रखा हुआ था। स्थानीय लोगों ने सबसे पहले गोदाम की तरफ से धुआं उठता हुआ देखा। कुछ ही देर में आग सुलगते-सुलगते तेज लपटों में बदल गई और पूरा गोदाम आग की चपेट में आ गया। दमकल की तीन गाड़ियां मौके पर पहुंची आग तेजी से फैलने लगी, जिससे आसपास रहने वाले लोगों में अफरा-तफरी का माहौल हो गया। लोगों ने तुरंत इसकी सूचना दमकल विभाग और पुलिस प्रशासन को दी। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और दमकल विभाग की एक के बाद एक तीन गाड़ियां भी घटनास्थल पर पहुंच गईं। दो घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद पाया काबू दमकल विभाग के पहुंचने तक आग काफी फैल चुकी थी और गोदाम में रखा प्लास्टिक का सामान धूं-धूं कर जल रहा था। दमकल कर्मियों ने करीब दो घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। आग की लपटों की चपेट में करीब 10 झुग्गियां भी आ गईं और वे जलकर राख हो गईं। प्लास्टिक और अन्य सामान जलकर राख हालांकि गनीमत यह रही कि उस समय झुग्गियों के अंदर कोई मौजूद नहीं था, जिससे बड़ा हादसा टल गया। आग बुझने तक कबाड़ गोदाम में रखा अधिकांश प्लास्टिक और अन्य सामान जलकर राख हो गया। जांच में जुटी पुलिस संजय कॉलोनी चौकी में तैनात पुलिसकर्मी कैलाश ने बताया कि प्राथमिक जांच में आशंका है कि किसी ने बीड़ी या कोई ज्वलनशील पदार्थ नीचे फेंक दिया होगा, जिससे कबाड़ में आग सुलग गई। फिलहाल पुलिस मामले की जांच कर रही है और आग लगने के सही कारणों का पता लगाया जा रहा है। इस घटना में किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है। शॉर्ट सर्किट होने के कारण लगी आग इसी दिन फरीदाबाद के सेक्टर-12 स्थित एल्डिगो मॉल में भी आग लगने की घटना सामने आई। आग मॉल के ग्राउंड फ्लोर पर स्थित बर्गर किंग रेस्टोरेंट की चिमनी में शॉर्ट सर्किट होने के कारण लगी। आग की लपटें दूर तक दिखाई दी बताया जा रहा है कि रेस्टोरेंट की किचन में लगी चिमनी में अचानक शॉर्ट सर्किट हुआ, जिससे उसमें आग लग गई और चिमनी के रास्ते आग बाहर तक पहुंच गई। कुछ ही देर में धुआं निकालने के लिए लगाए गए वॉल रजिस्टर के पास आग की लपटें दिखाई देने लगीं। पीएनजी गैस पाइपलाइन का मीटर चपेट में आया आग की चपेट में पास में लगा पीएनजी गैस पाइपलाइन का मीटर भी आ गया और वह जलकर खराब हो गया। सूचना मिलने पर पीएनजी पाइपलाइन के इंजीनियर अभिषेक मौके पर पहुंचे और स्थिति का जायजा लिया। फायर सेफ्टी सिस्टम से पाया काबू हालांकि मॉल के कर्मचारियों और वहां मौजूद लोगों ने तुरंत फायर सेफ्टी सिस्टम का इस्तेमाल करते हुए आग पर काबू पा लिया, जिससे बड़ा हादसा होने से टल गया। इस घटना में किसी के घायल होने की सूचना नहीं है, केवल कुछ सामान और गैस मीटर को नुकसान पहुंचा है।
राष्ट्रीय परीक्षण एजेंसी (NTA) द्वारा सोमवार को जेईई मेन 2026 का रिजल्ट जारी कर दिया। इसमें श्रीगंगानगर के यशवर्धन कड़वासरा ने ऑल इंडिया में 11वीं रैंक हासिल की है। यशवर्धन ने इस सफलता का श्रेय अपनी लगन और स्मार्ट तैयारी को दिया। उन्होंने रोजाना 8 घंटे सेल्फ स्टडी के साथ दो अन्य इंस्टीट्यूट के ऑनलाइन प्लेटफॉर्म से कोचिंग ली। बिना कोचिंग सेंटर में घंटों बिताए, घर पर अनुशासित दिनचर्या के जरिए उन्होंने इस कठिन परीक्षा में टॉप रैंक हासिल की। माता- पिता, दोनों टीचिंग बैकग्राउंड से यशवर्धन शिक्षा के मजबूत वातावरण में पले-बढ़े हैं। उनके पिता प्रो. राजेन्द्र कुमार कड़वासरा डॉ. भीमराव अम्बेडकर राजकीय महाविद्यालय, श्रीगंगानगर में वनस्पति शास्त्र के प्रोफेसर एवं विभागाध्यक्ष हैं। जबकि माता सुमन राजकीय कन्या उच्च माध्यमिक विद्यालय, सावंतसर में प्रधानाचार्य के पद पर कार्यरत हैं। इससे पहले उनके बड़े भाई आदित्य ने नीट परीक्षा में 54वीं रैंक हासिल की थी और वर्तमान में एम्स दिल्ली में चौथे सेमेस्टर में चिकित्सा की पढ़ाई कर रहे हैं। भाई की सफलता ने यशवर्धन को भी प्रेरणा दी। यशवर्धन अब जेईई एडवांस्ड की तैयारी में जुट गए हैं और आईआईटी में दाखिले का सपना देख रहे हैं।
शराब घोटाले के बाद छत्तीसगढ़ स्टेट मार्केटिंग कॉर्पोरेशन लिमिटेड (CSMCL) में बड़े भ्रष्टाचार का खुलासा हुआ है। आर्थिक अपराध शाखा और एंटी करप्शन ब्यूरो (ACB-EOW) ने 115 करोड़ रुपए के कथित 'ओवरटाइम भुगतान घोटाले' में कार्रवाई की है। ACB-EOW की टीम ने मैनपावर एजेंसी के 2 कर्मचारियों को अरेस्ट किया है। गिरफ्तार किए गए आरोपियों में मैनपावर सप्लाई करने वाली कंपनी ईगल हंटर सॉल्यूशन लिमिटेड का फील्ड ऑफिसर अभिषेक कुमार सिंह और अकाउंटेंट तिजऊ राम निर्मलकर शामिल हैं। ACB ने आरोपियों को 3 दिन की रिमांड पर लिया है। दरअसल, कागजों में शराब दुकानों में एक्स्ट्रा शिफ्ट दिखाई गई, लेकिन इसका पैसा कर्मचारियों तक पहुंचा ही नहीं। अब पढ़िए कैसे हुआ घोटाले का खुलासा इस मामले की शुरुआत प्रवर्तन निदेशालय (ED) की एक कार्रवाई से हुई। 29 नवंबर 2023 को ED ने रायपुर में 3 संदिग्धों से 28.80 लाख कैश बरामद किए थे। जब कड़ियां जोड़ी गईं, तो पता चला कि यह पैसा कर्मचारियों के पसीने की कमाई (ओवरटाइम) का था, जिसे भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ा दिया गया। ED की रिपोर्ट के आधार पर ACB ने भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम और धोखाधड़ी (IPC 420, 120-बी) की धाराओं के तहत मामला दर्ज किया। कर्मचारियों को सामने रखकर भरी गई जेब जांच में जो तथ्य सामने आए हैं, वे चौंकाने वाले हैं। साल 2019-20 से 2023-24 के बीच सरकार ने शराब दुकानों में तैनात कर्मचारियों को अतिरिक्त काम के बदले 115 करोड़ रुपए का ओवरटाइम भुगतान मंजूर किया था। नियम के अनुसार यह पैसा सीधे उन कर्मचारियों को मिलना था, जो एक्स्ट्रा शिफ्ट में काम कर रहे थे। लेकिन मैनपावर एजेंसियों ने कागजों पर कर्मचारियों का ओवरटाइम दिखाया, लेकिन असल में भुगतान उन तक पहुंचा ही नहीं। एजेंसियों ने यह राशि कमीशन के रूप में निकाली। जांच एजेंसी का दावा है कि यह पैसा CSMCL के भ्रष्ट अधिकारियों और निजी व्यक्तियों के बीच बांटा गया। इसके तार कारोबारी अनवर ढेबर से जुड़े होने की बात भी सामने आ रही है। 27 अप्रैल तक रिमांड पर फील्ड ऑफिसर-अकाउंटेंट ACB के मुताबिक, गिरफ्तार अभिषेक और तिजऊ राम का मुख्य काम कंपनी के बैंक खाते से कैश निकालकर अधिकारियों तक पहुंचाना था। 29 नवंबर को बरामद किए गए 28.80 लाख रुपए भी इसी सिंडिकेट का हिस्सा थे। सोमवार को दोनों आरोपियों को विशेष न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उन्हें 27 अप्रैल तक पुलिस रिमांड पर सौंप दिया गया है। पूछताछ में CSMCL के कुछ बड़े अधिकारियों और कांग्रेस सरकार में सत्ता के करीबी रहे लोगों के नाम सामने आ सकते हैं। फिलहाल, ACB की टीम डिजिटल साक्ष्यों और बैंक ट्रांजेक्शन की जांच कर रही है। ………………… इससे जुड़ी ये खबर भी पढ़ें… शराब घोटाला...भूपेश के बेटे चैतन्य और लखमा की पेशी: 59 नए आरोपी भी हुए पेश, इसमें 28 आबकारी अधिकारी शामिल, दर्ज किए गए बयान छत्तीसगढ़ शराब घोटाला मामले में आज ED की स्पेशल कोर्ट में पूर्व आबकारी मंत्री कवासी लखमा और पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के बेटे चैतन्य बघेल पेश हुए। इनके साथ 59 नए आरोपियों की भी पेशी थी। इसमें 28 आबकारी अधिकारी भी शामिल हैं। कोर्ट में सभी के बयान दर्ज किए गए। पढ़ें पूरी खबर
5 साल पहले महिला की हत्या कर शव को बिलपांक के पास फोरलेन के नीचे फेंकने के मामले में कोर्ट ने सोमवार को फैसला सुनाया है। कोर्ट ने आरोपी को आजीवन कारावास एवं 6 हजार रुपए के अर्थ दंड से दंडित किया l कोर्ट में अभियोजन ने 20 गवाहों के बयान एवं 77 दस्तावेज पेश किए गए थे। फैसला तृतीय सत्र न्यायाधीश बरखा दिनकर की कोर्ट ने सुनाया। अपर लोक अभियोजक एवं शासकीय अधिवक्ता सतीश त्रिपाठी ने बताया कि घटना 18 जून 2021 की रात्रि की है। आरोपी सुरेश (47) पिता बंसीलाल जाटव निवासी बड़ी मोहल्ला राव इंदौर अपने वाहन आयशर ट्रक से सामान लेकर इंदौर से रतलाम के लिए निकला था। आरोपी ने अपने साथ श्रमिक कॉलोनी शमशान घाट के पास राऊ निवासी पीड़िता को भी ट्रक में बैठाया। रास्ते में आरोपी ने पीड़िता के साथ दुष्कर्म किया। उसके बाद उसकी हत्या कर दी थी। रास्ते में फेंका शवआरोपी इंदौर से रतलाम के बिलपांक टोल नाके को पार किया। वापस इंदौर की तरफ जाकर प्रकाश नगर पुलिया के नीचे अंधेरे में महिला के शव को फेंक दिया था l सुबह शव दिखने पर गांव के लोगों ने बिलपांक पुलिस थाने पर सूचना दी थी। पुलिस ने मर्ग कायम कर जांच की। टोल नाके के सीसीटीवी फुटेज निकाले। जिसमें आरोपी एवं महिला दिखाई दिए थे। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार न्यायालय में अभियोग पत्र धारा 201, 302, 376 भारतीय दंड संहिता का प्रस्तुत किया था। सीडीआर एवं सीसीटीवी फुटेज बने आधारमहिला के अज्ञात होने के कारण पुलिस ने आसपास के थाना क्षेत्र को सूचना दी थी। चोकला एवं चिकलिया टोल नाके के फुटेज भी प्राप्त किए। आरोपी के मोबाइल की सीडीआर से महत्वपूर्ण साक्ष्य मिले। अज्ञात महिला के मिलने का स्थान, आरोपी की गाड़ी खराब होने के स्थान की सीसीडीआर लोकेशन से महिला का आरोपी के साथ होना पाया गया। मृतका के शव मिलने के स्थान पर आरोपी की उपस्थिति होना प्रमाणित माना गया। हत्या कर दूसरे दिन सामान देने गयाआरोपी सुरेश महिला की हत्या कर शव फेंकने के दूसरे दिन रतलाम में सामान देने आया था। पूरी सुनवाई के बाद तृतीय सत्र न्यायाधीश ने आरोपी को दोषी मानते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई। शासन की ओर से पैरवी अपर लोक अभियोजक एवं शासकीय अधिवक्ता सतीश त्रिपाठी ने की।
जबलपुर में सोमवार को एनएसयूआई के छात्रों ने अपने राष्ट्रीय अध्यक्ष की गिरफ्तारी और दूरदर्शन के पत्रकार अशोक श्रीवास्तव द्वारा कांग्रेस नेता राहुल गांधी पर की गई टिप्पणी के विरोध में प्रदर्शन किया। इस दौरान छात्रों ने दूरदर्शन कार्यालय के सामने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का पुतला दहन किया। प्रदर्शन के दौरान छात्रों और पुलिस के बीच झड़प भी देखने को मिली। पुलिस द्वारा रोकने की कोशिश के बावजूद छात्र पुतला दहन करने में सफल रहे। मौके पर कुछ देर के लिए तनावपूर्ण स्थिति बनी रही, जिसे बाद में पुलिस ने नियंत्रित कर लिया। एनएसयूआई कार्यकर्ताओं ने मांग की कि उनके राष्ट्रीय अध्यक्ष को जल्द रिहा किया जाए। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगें पूरी नहीं हुईं, तो पूरे देश में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह के खिलाफ विरोध प्रदर्शन और पुतला दहन किया जाएगा। छात्रों ने यह भी कहा कि दूरदर्शन के अधिकारी अशोक श्रीवास्तव को राहुल गांधी पर की गई टिप्पणी के लिए सार्वजनिक रूप से माफी मांगनी चाहिए। उन्होंने आरोप लगाया कि देश में गंभीर अपराधों पर पर्याप्त कार्रवाई नहीं हो रही है, जबकि अपनी मांगों को लेकर आवाज उठाने वाले छात्रों पर सख्ती की जा रही है। प्रदर्शनकारियों ने आगे उग्र आंदोलन की चेतावनी देते हुए कहा कि छात्र संगठन अपने अधिकारों के लिए लगातार संघर्ष करता रहेगा।
इंदौर के कनाडिया क्षेत्र में एक बार फिर नकाबपोश बदमाशों ने एक कारोबारी के घर को निशाना बनाया है। बदमाश यहां से करीब 10 लाख रुपए का सामान लेकर फरार हो गए। घटना के बाद क्षेत्र में दहशत का माहौल है, वहीं पुलिस गश्त पर भी सवाल उठने लगे हैं। पीड़ित व्यवसायी ने कनाडिया थाने पहुंचकर मामले की शिकायत दर्ज कराई है। वारदात का सीसीटीवी भी सामने आया है जिसमें चोर घर में चोरी करने घुसते नजर आ रहे हैं। जानकारी के अनुसार, कनाडिया थाना क्षेत्र की झालरिया स्थित पॉश कॉलोनी काउंटी वॉक में आधा दर्जन से अधिक बदमाशों ने वारदात को अंजाम दिया। बदमाशों ने संजय भाटिया के घर में घुसकर चोरी की। सोमवार सुबह जब संजय अपने परिवार के साथ घर लौटे तो अंदर का सामान बिखरा हुआ मिला। जांच करने पर अलमारी से करीब 8 लाख रुपए के जेवर और लगभग डेढ़ लाख रुपए नकद गायब पाए गए। संदिग्ध बदमाश घूमते दिखाई दिए बताया जा रहा है कि संजय भाटिया 17 अप्रैल को अपने परिवार के साथ एक निजी कार्यक्रम में शामिल होने जयपुर गए थे। सोमवार सुबह करीब 7 बजे लौटने पर उन्हें चोरी का पता चला। इसके बाद उन्होंने घर में लगे सीसीटीवी कैमरों की जांच की, जिसमें करीब आधा दर्जन संदिग्ध बदमाश कॉलोनी में घूमते नजर आए। सीसीटीवी फुटेज में बदमाश नकाब पहने दिखाई दे रहे हैं। आशंका जताई जा रही है कि वे किसी चार पहिया वाहन से कॉलोनी में पहुंचे थे और पहले रैकी कर वारदात को अंजाम दिया। पॉश कॉलोनी में इस तरह की घटना से स्थानीय लोगों में आक्रोश है और सुरक्षा व्यवस्था को लेकर सवाल खड़े हो रहे हैं। फिलहाल पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है और सीसीटीवी फुटेज के आधार पर आरोपियों की तलाश की जा रही है। देखिए कारोबारी के घर चोरी की तस्वीरें…
लखनऊ इस्कॉन मंदिर में चंदन यात्रा महोत्सव शुरू:श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ी, बिहारी जी को 56 भोग लगे
लखनऊ के इस्कॉन मंदिर में अक्षय तृतीया के अवसर पर चंदन यात्रा महोत्सव का शुभारंभ किया गया। इस कार्यक्रम में बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल हुए। मंदिर के अध्यक्ष अपरिमेय श्याम ने कार्यक्रम का नेतृत्व किया और पर्व की आध्यात्मिक महत्ता के बारे में बताया। अपरिमेय श्याम ने चंदन यात्रा की कथा सुनाते हुए बताया कि महान आचार्य माधवेंद्र पुरी को वृंदावन में भगवान गोपाल ने स्वप्न में चंदन लाने का आदेश दिया था। आदेश मिलने पर वे जगन्नाथपुरी गए और वहां से चंदन लाकर भगवान को अर्पित किया। तभी से यह परंपरा शुरू हुई, जो अब विश्वभर के इस्कॉन मंदिरों में 21 दिनों तक उत्सव के रूप में मनाई जाती है। भगवान को चंदन का लेप लगाना भक्तों के समर्पण का प्रतीक उन्होंने कहा कि भगवान श्रीकृष्ण परम पुरुषोत्तम हैं और उन्हें भौतिक सुविधाओं की आवश्यकता नहीं होती। हालांकि, भक्तों के लिए भगवान ही सब कुछ हैं। भगवान को चंदन का लेप लगाना भक्तों के प्रेम और समर्पण का प्रतीक है, जिससे भगवान प्रसन्न होते हैं। अपरिमेय श्याम ने अक्षय तृतीया के महत्व को समझाते हुए बताया कि यह दिन आत्मिक उन्नति और भक्ति का विशेष अवसर है। इस दिन निरंतर भक्ति से मनुष्य सांसारिक कष्टों से मुक्ति पाकर ईश्वर के प्रेम में लीन हो सकता है। उन्होंने यह भी बताया कि इसी दिन सुदामा ने श्रीकृष्ण से मिलकर अपनी भक्ति का उदाहरण प्रस्तुत किया था और गंगा का अवतरण भी इसी दिन हुआ माना जाता है। कार्यक्रम के अंत में मंदिर में श्री-श्री राधा रमण बिहारी जी को 56 भोग अर्पित किए गए। इसके बाद महाप्रसाद का वितरण हुआ, जिसे भक्तों ने श्रद्धापूर्वक ग्रहण किया। अपरिमेय श्याम ने सभी लखनऊवासियों को इस पावन पर्व की शुभकामनाएं दीं और उत्सव में भाग लेने का आह्वान किया।
सागर के रामबाग मंदिर से तीनबत्ती तक जय श्रीराम-जय परशुराम के जयकारों के बीच, डीजे की गूंज पर झूमते भक्तों का उत्साह चरमोत्कर्ष पर दिखाई दे रहा है। साथ ही वाराणसी से आए कलाकारों द्वारा शिव और शिवगणों का वेश धारण कर शहर के मुख्य मार्गों पर शिव तांडव नृत्य किया जा रहा है। बड़ा बाजार से लेकर कटरा बाजार तक सड़क के दोनों किनारों पर खड़े देखने वाले भक्तों के मुख से जय-जय परशुराम की आवाज से क्षेत्र गूंज रहा है। यह दृश्य सोमवार को भगवान श्री परशुराम के प्रकटोत्सव पर निकली शोभायात्रा का था। पालकी में बाल स्वरूप में निकले नगर भ्रमण पर भगवान परशुराम शोभायात्रा में उनके पीछे कलाकार मां महाकाली का वेश धारण कर नृत्य की प्रस्तुति देते चल रहे थे। भगवान परशुराम की प्रतिमा व जीवंत झांकी और भगवान का विशाल स्वरूप सबसे पीछे चल रहा था। शोभायात्रा का 23 स्थानों पर पुष्पवर्षा से स्वागत किया गया। शोभायात्रा में विप्र महिला-पुरुष पीले वस्त्रों में शामिल हुए। आतिशबाजी के बीच तीनबत्ती पर फायर लाइट का प्रदर्शनशोभायात्रा रामबाग मंदिर से बड़ा बाजार, सराफा, कोतवाली होते हुए जैसे ही तीनबत्ती पर पहुंची। यहां आतिशबाजी स्टैंड के पास भव्य आतिशबाजी के बीच फायर लाइट का प्रदर्शन किया गया। इसके अलावा आसपास मौजूद घरों की छतों से भी भव्य आतिशबाजी की गई। शोभायात्रा में सर्व ब्राह्मण समाज संगठन के अध्यक्ष पं. शिवशंकर मिश्रा, विनोद तिवारी बोबई समेत बड़ी संख्या में लोग शामिल हुए।
बड़वानी पुलिस की ओर से आयोजित खेल महोत्सव उत्साह नया – खेलें युवा 2026 में महिलाओं की कबड्डी प्रतियोगिता का रोमांचक मुकाबला पूरा हो गया। 20 अप्रैल को शुभम पैलेस में खेले गए फाइनल मैच में बड़वानी की टीम ने जुलवानिया को हराकर ट्राफी अपने नाम कर ली। 18 अप्रैल से शुरू हुई इस प्रतियोगिता के फाइनल में बड़वानी और जुलवानिया की टीमें आमने-सामने थीं। जुलवानिया ने टॉस जीतकर अपनी रणनीति बनाई, लेकिन बड़वानी की टीम ने थाना प्रभारी बलजीत सिंह बिसेन की देखरेख में शानदार खेल दिखाया और जीत हासिल की। हालांकि जुलवानिया की लड़कियों ने भी अंत तक कड़ा मुकाबला किया। मैदान में उतरीं नामी खिलाड़ी इस खास मौके पर एशियन गोल्ड मेडलिस्ट और विक्रम अवार्ड से सम्मानित कंचन दीक्षित और नेशनल प्लेयर दीक्षा मारू मौजूद रहीं। कंचन दीक्षित ने खिलाड़ियों का हौसला बढ़ाते हुए कहा कि खेल के दम पर वे जिले और देश का नाम रोशन कर सकती हैं। उन्होंने बड़वानी पुलिस के इस काम की तारीफ भी की। युवाओं को सही दिशा देने की कोशिश पुलिस अधीक्षक पद्मविलोचन शुक्ल ने बताया कि इस खेल मेले का असली मकसद युवाओं को गलत रास्तों से बचाकर खेलों से जोड़ना और जनता के साथ पुलिस के रिश्ते सुधारना है। विजेता टीम को कप के साथ जितेंद्र जैन की तरफ से 1100 रुपए का इनाम भी दिया गया। बच्चों के लिए समर कैंप की तैयारी पुलिस विभाग ने एक और अच्छी खबर दी है। 1 मई से पुलिस परिवार के बच्चों के लिए 'समर कैंप' शुरू किया जा रहा है, ताकि छुट्टियों में बच्चे नई-नई चीजें सीख सकें।
कौशांबी जिले में जमीनी विवाद को लेकर हुए खूनी संघर्ष में गंभीर रूप से घायल एक युवक अर्जुन पुत्र शिवपूजन की 25 दिन बाद इलाज के दौरान मौत हो गई। यह घटना 24 मार्च की रात कोखराज थाना क्षेत्र के चंदीपुर गांव में हुई थी। 24 मार्च की रात को चंदीपुर गांव में दो पक्षों के बीच जमीनी विवाद को लेकर मारपीट हुई थी। इस दौरान दोनों पक्षों ने एक-दूसरे पर लाठी-डंडों और धारदार हथियारों से हमला किया। इस संघर्ष में चार महिलाओं सहित कुल नौ लोग घायल हुए थे। मारपीट में एक पक्ष से रामबाबू, अर्जुन और शिवपूजन को धारदार हथियारों से गंभीर चोटें आईं, जबकि दूसरे पक्ष के कौशल और दयाराम के सिर में लाठी से गंभीर चोटें लगी थीं। जिला अस्पताल में हालत नाजुक होने के कारण रामबाबू, शिवपूजन और अर्जुन को प्रयागराज रेफर कर दिया गया था। पुलिस ने दरोगा की तहरीर पर दोनों पक्षों के सभी नौ घायलों के खिलाफ गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज किया था। कोखराज थाना प्रभारी सीबी मौर्य के अनुसार, इस मामले में दो आरोपी कौशल पुत्र दयाराम और दयाराम पुत्र रामबली को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया था। घटना में गंभीर रूप से घायल अर्जुन पुत्र शिवपूजन की 25 दिन बाद प्रयागराज के एसआरएन अस्पताल में इलाज के दौरान मौत हो गई। सोमवार को पोस्टमार्टम के बाद जब शव घर पहुंचा, तो परिजनों ने मुआवजे की मांग को लेकर हंगामा किया। पुलिस ने परिजनों को समझा-बुझाकर मामला शांत कराया और शव का अंतिम संस्कार करवाया।
हरदोई में पिकअप की टक्कर से युवक की मौत:बाइक सवार दो दोस्त घायल; बावन कस्बे के पास हुआ हादसा
हरदोई में सोमवार को एक सड़क हादसे में 18 वर्षीय युवक की शाम के समय इलाज के दौरान लखनऊ में मौत हो गई, जबकि उसके दो दोस्त घायल हो गए। लोनार कोतवाली क्षेत्र के बावन कस्बे के पास एक पिकअप ने उनकी बाइक को टक्कर मार दी थी। गंभीर रूप से घायल युवक को लखनऊ रेफर किया गया था, जहां शाम को इलाज के दौरान उसने दम तोड़ दिया। मृतक की पहचान बावन कस्बे के मोहल्ला बीरम पट्टी निवासी तैय्यब के रूप में हुई है। वह सोमवार सुबह अपने दोस्त राज और बदन के साथ बाइक से घर जा रहा था। हरदोई-सवायजपुर मार्ग पर बावन कस्बे के पास एक तेज रफ्तार पिकअप ने उनकी बाइक में टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि तीनों युवक सिर के बल सड़क पर गिर गए। आसपास के लोगों ने तत्काल एंबुलेंस और पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर तीनों घायलों को बावन सीएचसी पहुंचाया। वहां प्राथमिक उपचार के बाद तैय्यब की गंभीर हालत को देखते हुए उसे मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया गया। बाद में, चिकित्सकों ने उसे लखनऊ के लिए रेफर कर दिया। लखनऊ में इलाज के दौरान शाम को तैय्यब ने दम तोड़ दिया। वह अपने पांच भाइयों में चौथे नंबर पर था और दिल्ली में एक गुटखा फैक्ट्री में काम करता था। घटना के बाद पिकअप चालक वाहन छोड़कर मौके से फरार हो गया। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
देवरिया के बभनी गांव में भीषण आग:लाखों की संपत्ति जलकर राख, दमकल ने एक घंटे में पाया काबू
देवरिया जिले के छोटी और बड़ी बभनी गांव में सोमवार देर शाम सात बजे भीषण आग लग गई। इस घटना में लाखों रुपये की संपत्ति जलकर राख हो गई, जिससे पूरे इलाके में अफरा-तफरी मच गई। आग पर करीब एक घंटे की मशक्कत के बाद काबू पाया जा सका। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, आग की शुरुआत किसी चिंगारी या लापरवाही से हुई, जो तेज हवा के कारण तेजी से फैल गई। आग की लपटें कई घरों के समीप तक पहुंच गईं और बगीचे तथा आसपास रखे सामान को अपनी चपेट में ले लिया। ग्रामीणों ने तत्काल बाल्टी, हैंडपंप और मोटर के जरिए पानी डालकर आग बुझाने का प्रयास किया। हालांकि, आग की तीव्रता अधिक होने के कारण शुरुआती तौर पर स्थिति नियंत्रण से बाहर रही। आग बगीचे तक पहुंच गई, जहां पेड़-पौधे नष्ट हो गए। पास में बनी एक कोठरी (बस की कोठी) में भी आग लग गई, जिससे लाखों रुपये का बांस जलकर खाक हो गया। इस दौरान इलाके में धुएं का घना गुबार फैल गया। सूचना मिलने पर दमकल विभाग की गाड़ियां मौके पर पहुंचीं। फायर ब्रिगेड और ग्रामीणों के संयुक्त प्रयासों से करीब एक घंटे में आग पर काबू पाया जा सका। समय रहते आग बुझा लिए जाने से बड़ा हादसा टल गया। घटना के बाद प्रशासनिक अधिकारी भी मौके पर पहुंचे और नुकसान का आकलन शुरू किया। पीड़ित परिवारों को हर संभव सहायता का आश्वासन दिया गया है। ग्रामीणों ने आग लगने के कारणों की जांच और प्रभावितों को शीघ्र मुआवजा देने की मांग की है।
पानीपत जिले के इसराना उपमंडल में गेहूं उठान की धीमी गति पर प्रशासन ने कड़ा रुख अपनाया है। बता दे कि सोमवार को उपमंडल अधिकारी (एसडीएम) नवदीप सिंह नैन ने मतलौडा और इसराना मंडियों में परचेजर, लिफ्टिंग ठेकेदारों और आढ़ती संगठन के प्रतिनिधियों के साथ बैठक की। नवदीप सिंह नैन ने गेहूं उठान में तेजी लाने के सख्त निर्देश दिए, अन्यथा कड़ी कार्रवाई की चेतावनी दी। एसडीएम ने स्पष्ट किया कि मंडियों से गेहूं का उठान संतोषजनक गति से नहीं हो रहा है। उन्होंने परचेजर और ट्रांसपोर्टरों को चेतावनी देते हुए कहा कि यदि कार्य में किसी भी प्रकार की लापरवाही बरती गई तो उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। किसानों का गेहूं समय पर खरीदा जाए एसडीएम का मुख्य जोर यह सुनिश्चित करना था कि किसानों का गेहूं समय पर खरीदा जाए और गोदामों तक पहुंचाया जाए, ताकि उन्हें समय पर भुगतान मिल सके। फिलहाल, इसराना मंडी में लगभग 24 प्रतिशत गेहूं का उठान हुआ है। उठान में तेजी लाने के निर्देश हालांकि, लिफ्टिंग के अलावा मंडी में अन्य कार्य सुचारू रूप से चल रहे हैं। प्रशासन ने किसानों को आश्वस्त किया है कि सरकार उनकी समस्याओं के प्रति प्रतिबद्ध है और उन्हें किसी भी प्रकार की परेशानी नहीं होने दी जाएगी। इसराना मार्केट कमेटी अध्यक्ष ने की सराहना इसराना मार्केट कमेटी अध्यक्ष राजेश जागलान ने एसडीएम नवदीप सिंह नैन के प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि प्रशासन किसानों और आढ़तियों की समस्याओं को हल करने के लिए उनके साथ खड़ा है। कई लोग रहे मौजूद बैठक में हैफेड के डीएम कृपाल दास अरोड़ा, मैनेजर सीमा शर्मा, वेयरहाउस से सुमित शिवाच, मार्केट कमेटी सचिव पवन नागपाल, आढ़ती संगठन के प्रधान जयकरण जागलान और ट्रांसपोर्टर प्रतिनिधि सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे।
नेशनल हाईवे 343, अंबिकापुर-गढ़वा नेशनल हाईवे में बघिमा के पास नए पुलिया निर्माण स्थल पर बनाए गए डायवर्सन में ट्रेलर के खराब हो जाने के कारण करीब दो घंटे तक नेशनल हाईवे बंद रहा। इस दौरान दोनों ओर गाड़ियों की लाइन लग गई। ट्रेलर के खराब होने की सूचना पर ठेका कंपनी के लोग मौके पर पहुंचे और मिट्टी डालकर नये डायवर्सन का निर्माण किया जा रहा है। नेशनल हाईवे में आए दिन लगने वाले जाम और धूल से लोग परेशान हैं। जानकारी के मुताबिक, नेशनल हाईवे 343 में बरियो चौकी अंतर्गत ग्राम बघिमा के पास नए पुल निर्माण के लिए गड्ढा खोदा गया है और वाहनों के आवागमन के लिए डायवर्सन बनाया गया है। सोमवार शाम करीब 7 बजे डायवर्सन में एक ट्रेलर खराब हो गई। ट्रेलर के खराब होने के कारण दोनों ओर भारी वाहनों के साथ छोटे चारपहिया वाहनों की लाइन लग गई। सूचना पर बरियो पुलिस भी मौके पर पहुंची। दो घंटे बाद पहुंचे ठेका कर्मचारी ट्रेलर के ब्रेकडाउन होने की सूचना पर रात करीब 9 बजे ठेका कंपनी के कर्मचारी मशीनों के साथ मौके पर पहुंचे। ठेका कंपनी द्वारा ट्रेलर के फंसने के कारण बगल में मिट्टी डालकर अतिरिक्त डायवर्सन का निर्माण किया जा रहा है, ताकि वाहनों का आवागमन हो सके। इस दौरान दोनों ओर करीब दो किलोमीटर दूर तक वाहनों की लाइन लगी रही। ठेकेदार की लापरवाही से बढ़ी मुसीबत अंबिकापुर से रामानुजगंज तक टू-लेन सड़क का नवनिर्माण दो चरणों में किया जा रहा है। इसमें अंबिकापुर से पाढ़ी तक 49 किलोमीटर का नवनिर्माण करीब 240 करोड़ रुपये की लागत से एवं बलरामपुर से रामानुजगंज तक 30 किलोमीटर सड़क का निर्माण 111 करोड़ की लागत से किया जा रहा है। अंबिकापुर से पाढ़ी तक सड़क निर्माण करने वाले ठेका कंपनी ने अपना काम पेटी कांट्रेक्टरों को बांट दिया है। ठेका कंपनी द्वारा पेटी कांट्रेक्टरों से काम कराए जाने के कारण निर्माण तेजी से नहीं हो पा रहा है। इसके अलावे सड़क पर उड़ने वाली धूल के कारण लोगों को सड़क पर चलना मुश्किल हो रहा है। हालात ये हैं कि अंबिकापुर से रामानुजगंज के लिए चलने वाली यात्री बसें राजपुर के बजाय प्रतापपुर से होकर सेमरसोत के लिए निकल रही हैं। स्थानीय लोगों के अनुसार ठेका कंपनी द्वारा कभी भी पानी का छिड़काव नहीं किया जाता, जिसके कारण परेशानी बढ़ गई है। निर्माण की धीमी रफ्तार के कारण भी लोगों को परेशान होना पड़ रहा है। मामले में नेशनल हाईवे के अधिकारी भी लापरवाह बने हुए हैं।
शाहजहांपुर में एंटी करप्शन टीम ने रिश्वत लेते हुए जिला समन्वयक और एक कंप्यूटर ऑपरेटर को गिरफ्तार किया है। यह गिरफ्तारी बीएसए कार्यालय के अंदर की गई। आरोपियों ने एक शिक्षिका से अनुपस्थिति पत्रावली के निस्तारण के लिए 10 हजार रुपये की रिश्वत ली थी। शिकायतकर्ता, जो कंपोजिट स्कूल पैना बुजुर्ग में सहायक अध्यापक हैं, ने एंटी करप्शन टीम से शिकायत की थी। उन्होंने बताया कि अनुपस्थिति पत्रावली के निस्तारण के लिए उनसे 10 हजार रुपये की मांग की जा रही थी। जिला समन्वयक निश्चय सिंह रिश्वत लेने पर अड़ा हुआ था। शिकायत मिलने के बाद बरेली की एंटी करप्शन टीम ने मामले की छानबीन की। सोमवार शाम को टीम ने बीएसए कार्यालय के बाहर जाल बिछाया। जैसे ही शिक्षिका ने आरोपी को रिश्वत के पैसे दिए, टीम ने जिला समन्वयक निश्चय सिंह और कंप्यूटर ऑपरेटर अरुण कुमार को मौके पर ही दबोच लिया। गिरफ्तारी के बाद दोनों आरोपियों को सदर थाने लाया गया। आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है। इस मामले में जब बीएसए दिव्या गुप्ता से उनके सीयूजी नंबर पर संपर्क करने का प्रयास किया गया, तो उन्होंने कॉल रिसीव नहीं की।
श्रीगंगानगर जिले की सदर थाना पुलिस ने कार्रवाई करते हुए पदमपुर-सूरतगढ़ बाईपास रोड पर लग्जरी टोयोटा रूमियन (RJ-13-UB-1783) कार से बड़ी मात्रा में नशीली गोलियां व कैप्सूल्स बरामद किए हैं। पुलिस ने दो युवकों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों के कब्जे से 400 ट्रामाडोल हाइड्रोक्लोराइड टैबलेट्स (NRX) और 1 लाख 44 हजार न्यूरो-300 प्रेगाबालिन कैप्सूल्स (300 mg) जब्त किए गए हैं। नशीली गोलियां-कैप्सूल्स की यह खेप बाजार में करोड़ों रुपए की है। पुलिस टीम ने यह कार्रवाई सदर थानाधिकारी सुभाष चंद्र ढ़ील के नेतृत्व में की। पुलिस टीम ने सूचना के आधार पर बाईपास रोड नजदीक राधास्वामी डेरे के पास कार को चेक किया तो उसमें नशीली गोलियां- कैप्सूल्स बरामद हुए। जिसके बाद पुलिस ने आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। पकड़े गए आरोपियों की पहचान अंग्रेज सिंह (30) मोहनपुरा, श्रीगंगानगर व गगन कपूर (23) पुरानी आबादी, श्रीगंगानगर के रूप में हुई है। दोनों आरोपी जयपुर-जोधपुर रूट से बड़े पैमाने पर नशीली कैप्सूल्स-गोलियां मंगवाकर श्रीगंगानगर और आस-पास के इलाकों में सप्लाई करने का धंधा कर रहे थे। पुलिस अब पूछताछ में इनके अन्य साथियों और सप्लाई नेटवर्क का पता लगा रही है। इस कार्रवाई में हैड कांस्टेबल प्रमोद कुमार की विशेष भूमिका रही है।
वाराणसी पहुंचे क्रिकेटर रिंकू सिंह:सांसद प्रिया सरोज ने किया स्वागत,कल बाबा विश्वनाथ का करेंगे दर्शन
भारतीय टीम के बल्लेबाज रिंकू सिंह वाराणसी पहुंचे एयरपोर्ट पर उनका स्वागत करने के लिए उनकी होने वाली पत्नी सांसद प्रिया सरोज पहुंची। इसके अलावा बड़ी संख्या में उनके फैन भी एयरपोर्ट पर मौजूद रहे जिन्होंने उनके साथ फोटो खिंचवाया बताया जा रहा है कि रिंकू सिंह बाबा विश्वनाथ का आशीर्वाद लेने के लिए वाराणसी पहुंचे हैं कल वह मंदिर जाएंगे। करीबियों ने बताया कि रिंकू सिंह प्रिया सरोज के घर भी जाएंगे वहां उनका स्वागत किया जाएगा साथी परिवार के साथ भोजन भी करेंगे। हालांकि एयरपोर्ट से बस सीधे ताज होटल के लिए रवाना हुए। कल ही बदला था मैच का माहौल,टीम को दिलाई जीत एक दिन पूर्व कोलकाता में टी-20 मैचों का रूख चंद मिनटों में कैसे बदल जाता है, इसका एक और उदाहरण रविवार को ईडन गार्डेंस स्टेडियम में कोलकाता-राजस्थान के मैच में देखने को मिला। इस मैच में कोलकाता को 156 रनों का लक्ष्य हासिल करने के लिए उतरा था, लेकिन एक समय पर उसकी स्थिति बेहद खराब हो गई थी। कोलकाता के छह विकेट मात्र 85 रनों पर गिर गए थे। इस कठिन परिस्थिति में रिंकू सिंह ने फिनिशर की भूमिका निभाते हुए अपनी टीम को चार विकेट से जीत दिलाई। लंबे समय बाद रिंकू उसी फॉर्म में नजर आए, जिसमें क्रिकेट प्रेमी उन्हें हमेशा देखना पसंद करते हैं।
बलरामपुर में शनिवार को शादी समारोह के दौरान मंडप तैयार करते समय बिजली का खंभा गिर गया, जिसकी चपेट में आने से 6 साल के बच्चे की मौत हो गई। पुलिस ने शव का पीएम कराकर परिजनों को सौंप दिया है। घटना राजपुर थाना क्षेत्र की है। जानकारी के अनुसार ग्राम खोखनिया निवासी मनोहर के घर विवाह कार्यक्रम था। मंडप तैयार करते समय एक लकड़ी के खूंटे को पास लगे बिजली के खंभे के सहारे टिकाया गया था। इसी दौरान बिजली का खंभा अचानक असंतुलित होकर गिर गया। खंभे के पास खेल रहा था खंभे की चपेट में पास में खेल रहा तुषार आ गया, जो ग्राम चौरा निवासी मैनेजर का बेटा था। तुषार गंभीर रूप से घायल हो गया। उसके सिर पर गंभीर चोटें आईं और पैर भी टूट गया था। घटना के बाद परिजन तुषार को तत्काल उपचार के लिए अंबिकापुर के एक निजी अस्पताल ले गए। रायपुर ले जाते समय मौत प्राथमिक उपचार के बाद डॉक्टरों ने उसकी गंभीर हालत को देखते हुए उसे रायपुर रेफर कर दिया। हालांकि रायपुर ले जाते समय रास्ते में ही तुषार ने दम तोड़ दिया। बाद में शव को अंबिकापुर लाकर पोस्टमार्टम कराया गया। परिजनों ने आरोप लगाया है कि बिजली का खंभा ठेकेदार द्वारा सही तरीके से स्थापित नहीं किया गया था, जिसके कारण यह हादसा हुआ। पुलिस मामले में आगे की जांच कर रही है।
ऑटो में सवारी भरने को लेकर विवाद:युवक पर चाकू से हमला, आरोपी गिरफ्तार
लखनऊ के हुसैनगंज इलाके में ऑटो में सवारी भरने को लेकर हुए विवाद ने हिंसक रूप ले लिया। एक युवक ने दूसरे युवक पर जानलेवा हमला करते हुए चाकू से कई वार कर दिए। जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया। जिसका इलाज चल रहा है।इंस्पेक्टर हुसैनगंज शिव मंगल सिंह ने बताया एक युवक ने सोमवार को सूचना दी उसके भाई राकेश कुमार धानुक का ऑटो में सवारी बैठाने को लेकर विवाद हुआ। इस दौरान आरोपी ने राकेश पर चाकू से कई वार कर दिए। जिससे वह लहूलुहान हो गया। मामले में केस दर्ज कर तत्काल कार्रवाई शुरू की। मुखबिर की सूचना पर पुलिस टीम ने आरोपी को दोपहर करीब 1:30 बजे छत्ता वाला पुल केकेसी के पास से गिरफ्तार कर लिया।गिरफ्तार आरोपी की पहचान राती निगोहां निवासी सुशील कुमार (30) पुत्र श्री राम निवासी के रूप में हुई है। पुलिस ने उसके कब्जे से घटना में इस्तेमाल चाकू भी बरामद किया है।पुलिस आरोपी को कोर्ट में पेश कर दिया। वहीं, उसके आपराधिक इतिहास की जानकारी अन्य थानों और जनपदों से जुटाई जा रही है।
स्मार्ट प्रीपेड मीटर की जांच के लिए गठित समिति की जांच पर सोमवार को राज्य विद्युत उपभोक्ता परिषद ने सवाल उठाए हैं। परिषद ने कहा कि स्मार्ट प्रीपेड मीटर जांच लेसा के लैब से कराई जा रही है। जबकि लेसा की लैब में मीटर की जांच के लिए पर्याप्त हाईटेक सुविधाएं ही नहीं हैं। एमडीएम हार्डवेयर–सॉफ्टवेयर की जांच के लिए वहां कोई एक्सपर्ट भी नहीं है। परिषद के अध्यक्ष अवधेश वर्मा के मुताबिक स्मार्ट प्रीपेड मीटर की जांच के लिए गठित तकनीकी जांच कमेटी गुपचुप तरीके से काम कर रही है, जो पारदर्शिता के खिलाफ है। परिषद ने जांच कमेटी से मांग की है कि वह किसी भी निष्कर्ष पर पहुंचने से पहले स्मार्ट प्रीपेड मीटर के सभी कंपोनेंट्स एमडीएम, एचईएस, आईटी व ओटी सिस्टम, सॉफ्टवेयर और हार्डवेयर की गहन जांच जरूरी है। साथ ही 45 डिग्री तापमान में कार्यक्षमता, वोल्टेज के उतार-चढ़ाव पर प्रदर्शन, तथा 35 केवी सर्ज टेस्ट जैसे महत्वपूर्ण परीक्षण भी अनिवार्य रूप से कराए जाने चाहिए। अवधेश वर्मा ने दावा करते हुए कहा कि 2012 में परिषद के दबाव पर आईआईटी कानपुर में दो कंपनियों के मीटरों की जांच हुई थी, जिसमें दोनों असफल हुए थे। ऐसे में यह सवाल उठता है कि पावर कॉरपोरेशन अपनी ही लैब में निष्पक्ष जांच कैसे सुनिश्चित करेगा। पावर कारपोरेशन को याद होगा कि जो दोनों मीटर कंपनियां असफल पाई गई थी, वहीं आज स्मार्ट प्रीपेड मीटर भी बना रही हैं उन्होंने कहा कि यदि पावर कॉरपोरेशन के अभियंता ही जांच प्रक्रिया का हिस्सा होंगे, तो निष्पक्षता पर संदेह बना रहेग। प्रबंधन पहले ही कई बार सार्वजनिक रूप से यह दावा कर चुका है कि सभी मीटर सही कार्य कर रहे हैं। वह लगातार चेक मीटर एवं स्मार्ट मीटर की रीडिंग में कोई अंतर नहीं मिलने का दावा करती रही है। परिषद ने मांग की है कि इस पूरे मामले की जांच स्वतंत्र एजेंसी से करानी चाहिए। तकनीकी विशेषज्ञों की टीम भी निष्पक्ष हो।
बरेली में भीषण गर्मी और लू का तांडव:हीट बेव की वजह से डीएम ने बदला स्कूलों का समय
बरेली में गर्मी ने अपना रौद्र रूप दिखाना शुरू कर दिया है। आज पारा 40.7C दर्ज किया गया, जिसके चलते दोपहर होते-होते सड़कों पर सन्नाटा पसर गया और कर्फ्यू जैसे हालात नजर आए। मौसम विभाग की चेतावनी है कि आने वाले दिनों में सूरज के तेवर और भी तल्ख होंगे। इसी गंभीर स्थिति और हीट वेव के खतरे को देखते हुए जिलाधिकारी अविनाश सिंह ने छात्र-छात्राओं के स्वास्थ्य की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए स्कूलों के समय में कटौती कर दी है। कक्षा 1 से 8 तक के लिए नया टाइम-टेबल डीएम के आदेशानुसार, जनपद के समस्त परिषदीय, सहायता प्राप्त, मान्यता प्राप्त, सीबीएसइ (CBSE), आईसीएसई (ICSE) और अन्य सभी बोर्डों के कक्षा 1 से 8 तक के विद्यालय अब सुबह 07:30 बजे से दोपहर 12:00 बजे तक ही संचालित होंगे। यह नियम तत्काल प्रभाव से लागू कर दिया गया है ताकि बच्चों को दोपहर की झुलसाने वाली लू से बचाया जा सके। छाया और शुद्ध पेयजल के कड़े निर्देश जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी डॉ. विनीता ने भी स्थिति की गंभीरता को देखते हुए सभी खंड शिक्षा अधिकारियों को अलर्ट मोड पर रखा है। उन्होंने साफ कहा है कि स्कूलों में बच्चों के लिए शुद्ध पेयजल और बैठने के लिए पर्याप्त छाया की व्यवस्था होनी अनिवार्य है। आदेश में स्पष्ट किया गया है कि जिन स्कूलों में आरओ (RO) सिस्टम खराब हैं, उन्हें तुरंत ठीक कराया जाए और जहां सुविधा नहीं है, वहां पानी की वैकल्पिक व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। स्वास्थ्य से खिलवाड़ पर होगी सख्त कार्रवाई शिक्षा विभाग ने स्कूलों को चेतावनी दी है कि बच्चों के स्वास्थ्य के साथ किसी भी प्रकार का समझौता स्वीकार नहीं किया जाएगा। सभी प्रधानाध्यापकों को निर्देशित किया गया है कि वे लू से बचाव के सभी मानकों का पालन करें। प्रशासन की पैनी नजर स्कूलों की व्यवस्थाओं पर बनी हुई है ताकि इस भीषण गर्मी में नौनिहालों को सुरक्षित रखा जा सके।
परशुराम जंयती पर भव्य शोभायात्रा निकाली:कोंडागांव में सैकड़ों श्रद्धालुओं ने नमन किया, भक्तिमय माहौल
कोंडागांव में भगवान परशुराम जन्मोत्सव के अवसर पर सर्व ब्राह्मण समाज ने भव्य शोभायात्रा का आयोजन किया। इस दौरान सैकड़ों की संख्या में समाज के लोग सड़कों पर उतरे और श्रद्धापूर्वक भगवान परशुराम को नमन किया। कार्यक्रम की शुरुआत बड़े केनरा समाज के भवन से हुई, जहां विधि-विधान से पूजा-अर्चना के बाद शोभायात्रा को रवाना किया गया। शोभायात्रा में शामिल श्रद्धालु भगवा वस्त्र धारण किए हुए थे। पुरुषों ने भगवा कुर्ता और गमछा पहना था, जबकि महिलाओं ने लाल और पीले रंग की साड़ियों में अपनी उपस्थिति दर्ज कराई। पूरे मार्ग में जय परशुराम के जयकारों से वातावरण भक्तिमय बना रहा। यह यात्रा शहर के अलग-अलग मार्गों से गुजरी और लोगों के आकर्षण का केंद्र बनी रही। यात्रा के दौरान धार्मिक झांकियां, भजन-कीर्तन और पारंपरिक वाद्य यंत्रों की धुन ने माहौल को और भी उल्लासपूर्ण बना दिया। कई स्थानों पर समाज के लोगों और अन्य नागरिकों ने शोभायात्रा का स्वागत किया। युवाओं में इस आयोजन को सफल बनाने के लिए विशेष उत्साह देखने को मिला। इस आयोजन का मुख्य उद्देश्य समाज में एकता और धार्मिक परंपराओं के प्रति जागरूकता बढ़ाना था। कार्यक्रम के अंत में समाज के वरिष्ठजनों ने भगवान परशुराम के आदर्शों पर चलने और समाज हित में कार्य करने का संदेश दिया।।
फतेहाबाद में जाखल खंड के दो गांवों म्योंद खुर्द और तलवाड़ा में खेतों की सिंचाई के लिए भाखड़ा नहर का पानी पहुंचाने हेतु पाइपलाइन बिछाने का कार्य शुरू हो गया है। काडा विभाग द्वारा शुरू की गई इस परियोजना पर 63.88 लाख रुपए की लागत आएगी। इसका उद्देश्य पानी की बर्बादी रोकना और सिंचाई क्षमता को बढ़ाना है। सोमवार को किसान मोर्चा के जिला अध्यक्ष अवतार सिंह तलवाड़ा ने इस कार्य का शुभारंभ किया। विभाग से मिली जानकारी के अनुसार, यह पाइपलाइन 12529 फीट लंबी होगी और भाखड़ा नहर के 45 नंबर हेड से शुरू होकर खेतों तक बिछाई जाएगी। परियोजना लगभग 500 एकड़ कृषि भूमि को कवर करेगी बता दे कि यह परियोजना लगभग 500 एकड़ कृषि भूमि को कवर करेगी। पाइपलाइन में हर 5 एकड़ जमीन के बाद पानी निकालने के लिए होल बनाए जाएंगे, जिससे किसानों को सीधे उनके खेतों में पानी मिल सकेगा। कार्य को पूरा करने के लिए 6 महीने का समय निर्धारित विभाग के अधिकारियों ने बताया कि इस कार्य को पूरा करने के लिए 6 महीने का समय निर्धारित किया गया है, जिसमें से पाइपलाइन बिछाने का कार्य 2 महीने में पूरा कर लिया जाएगा। जेई ललित सिंगला ने पुष्टि की कि परियोजना का मुख्य उद्देश्य भाखड़ा नहर के पानी को सीधे किसानों के खेतों तक पहुंचाना है। पानी को अंतिम छोर तक पहुंचाने का कार्य जिला किसान मोर्चा के अध्यक्ष अवतार सिंह तलवाड़ा ने बताया कि सरकार भाखड़ा नहर के पानी को अंतिम छोर तक पहुंचाने के लिए किसानों के हित में हर संभव प्रयास कर रही है। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार ने किसानों को राहत पहुंचाने के लिए यह कार्य शुरू करवाया है, ताकि उन्हें सिंचाई संबंधी कोई दिक्कत न हो।
मथुरा के महावन तहसील के सिहोरा गांव में एक विशाल कुश्ती दंगल का आयोजन किया गया। इस दंगल में देश-विदेश से आए पहलवानों ने अपने दांव-पेंच का प्रदर्शन किया। दंगल का शुभारंभ भारतीय किसान यूनियन अन्नदाता के प्रदेश अध्यक्ष भूरा पहलवान, जिला पंचायत सदस्य सत्यपाल चौधरी और कमेटी के पदाधिकारियों ने बजरंगी हनुमान जी की तस्वीर पर माल्यार्पण और दीप प्रज्वलित कर किया। दंगल की शुरुआत 1000 रुपये की कुश्ती से हुई, जिसके बाद मुकाबले और भी रोमांचक होते गए। अंतिम और सबसे बड़ी कुश्ती भारत केसरी अंकित पहलवान (कारब) और जॉर्जिया के पहलवान फेडरिला के बीच हुई। इस मुकाबले में अंकित पहलवान ने विदेशी पहलवान फेडरिला को हराकर जीत दर्ज की। आयोजक भूरा पहलवान ने विजेता अंकित पहलवान को 2.5 लाख रुपये नकद और एक मोटरसाइकिल पुरस्कार स्वरूप प्रदान की। अन्य प्रमुख मुकाबलों में, 1100 रुपये की कुश्ती गोपाल कारब ने जीती। रोहित कार्ड ने सोनू (आगरा) को हराया। 11,000 रुपये की कुश्ती में भूरा पहलवान सिहोरा ने विक्रम (हाथरस) को पराजित किया। मनीष गुडेरा ने योगेंद्र (आगरा) को हराया, जबकि 21,000 रुपये की कुश्ती सूरज सिहोरा के नाम रही, जिन्होंने शिवा को चित किया। 31,000 रुपये की कुश्ती में दीपक पाश्ता ने मोहन को और मनोज नगला भर्राया ने रवि भोपरा को हराया। दंगल में कुल लगभग पांच दर्जन कुश्तियां आयोजित की गईं। इन सभी मुकाबलों के विजेता पहलवानों को दंगल कमेटी द्वारा सम्मानित किया गया। रेफरी की भूमिका निहाल सिंह, भरत सिंह, कन्हैयालाल रसिक, जीतू जोशी और सुभाष फौजी ने निभाई। इस आयोजन के दौरान कलक्टर सिंह, भीमसेन, जितेंद्र सिंह, लक्की चौधरी, भारत केसरी देवेंद्र पहलवान, हरिप्रसाद, पोस्ट सिंह, कान्हा चौधरी, थाना सिंह, सोनू, चंद्रपाल गंधार, रवि चौधरी, हेमराज सिंह और राजन सिंह सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण और कुश्ती प्रेमी उपस्थित रहे।
कोंडागांव पुलिस ने गुम हुए मोबाइल फोन की शिकायतों पर कार्रवाई करते हुए 22 फोन बरामद किए हैं। साइबर सेल की टीम ने अभियान चलाया, जिसके तहत लगभग 3 लाख के मोबाइल उनके वास्तविक मालिकों को सौंपे गए। हाल ही में बरामद किए गए इन 22 मोबाइल फोन में आईफोन, वनप्लस, सैमसंग, वीवो और रेडमी जैसी महंगी कंपनियों के हैंडसेट शामिल हैं। इन फोनों को न केवल छत्तीसगढ़ बल्कि पड़ोसी राज्य ओडिशा से भी ट्रेस कर वापस लाया गया है। पुलिस अधीक्षक कार्यालय में आयोजित एक कार्यक्रम में इन मोबाइलों को उनके मालिकों को विधिवत सौंपा गया। अपने खोए हुए फोन वापस पाकर मालिकों ने संतोष व्यक्त किया। कई लोगों ने बताया कि उन्हें अपने मोबाइल मिलने की उम्मीद नहीं थी। अब तक 1800 से अधिक मोबाइल बरामद एसपी आकाश श्रीमाल ने बताया कि साइबर सेल के गठन के बाद से अब तक 1800 से अधिक गुम मोबाइल फोन बरामद कर उनके असली मालिकों तक पहुंचाए जा चुके हैं। इन मोबाइलों की कुल अनुमानित कीमत लगभग एक करोड़ रुपए है। मोबाइल सुरक्षा के प्रति जागरूक किया पुलिस ने लोगों को मोबाइल सुरक्षा के प्रति जागरूक भी किया। उन्हें सलाह दी गई कि यदि कोई मोबाइल मिले तो उसे नजदीकी थाने में जमा कराएं, बिना बिल के मोबाइल न खरीदें और उपयोग से पहले फोन को फॉर्मेट करें। साथ ही साइबर अपराध से बचाव के उपाय बताते हुए किसी भी ऑनलाइन ठगी या साइबर अपराध की स्थिति में हेल्पलाइन नंबर 1930 और साइबर पोर्टल पर तुरंत शिकायत दर्ज कराने की अपील की गई।
भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव एवं राजस्थान प्रभारी राधा मोहन दास अग्रवाल का जसोलधाम स्थित श्री राणी भटियाणी मंदिर संस्थान में आगमन हुआ। संस्थान की ओर से समिति सदस्य एवं प्रवक्ता कुंवर हरिशचंद्र सिंह जसोल ने पारंपरिक रीति-रिवाजों के साथ उनका स्वागत किया। मंदिरों में विधिवत पूजा अर्चना की अपने प्रवास के दौरान अग्रवाल ने जसोलधाम स्थित श्री राणीसा भटियाणीसा, श्री बायोसा, श्री सवाईसिंह जी, श्री लाल बन्ना सा, श्री खेतलाजी एवं श्री काला गौरा भैरूजी के मंदिरों में विधिवत पूजा-अर्चना की। उन्होंने प्रदेश एवं देश की सुख-समृद्धि, शांति एवं खुशहाली की कामना की। प्राचीन परंपराओं की सराहना की अग्रवाल ने जसोलधाम की धार्मिक गरिमा, समृद्ध सांस्कृतिक विरासत एवं यहां की प्राचीन परंपराओं की सराहना की। उन्होंने कहा कि यह पावन धाम आस्था, श्रद्धा एवं लोकसंस्कृति का अद्वितीय संगम है, जहां दूर-दूर से श्रद्धालु अपनी आस्था लेकर पहुंचते हैं। उन्होंने मंदिर परिसर में की गई व्यवस्थाओं की प्रशंसा करते हुए कहा कि यहां की सुव्यवस्थित, अनुशासित एवं श्रद्धालु-केंद्रित व्यवस्थाएं प्रशंसनीय हैं। अग्रवाल ने संस्थान द्वारा किए जा रहे भवन निर्माण कार्यों, सौंदर्यीकरण की पहल और पर्यावरण संरक्षण हेतु वृक्षारोपण कार्य को भी सराहा। उन्होंने कहा कि ये प्रयास धाम की सुंदरता बढ़ाने के साथ-साथ आने वाली पीढ़ियों के लिए सकारात्मक संदेश दे रहे हैं। इस दौरान मंदिर परिसर में भक्तिमय एवं उत्साहपूर्ण वातावरण बना रहा तथा बड़ी संख्या में श्रद्धालुजन उपस्थित रहे। संपूर्ण आयोजन सुव्यवस्थित एवं गरिमामय रूप से संपन्न हुआ। कई बीजेपी नेता रहे मौजूद इस अवसर पर नारायण लाल पंचारिया (पूर्व राज्यसभा सांसद एवं प्रदेश उपाध्यक्ष), देवेंद्र जी सालेचा (पूर्व जिला अध्यक्ष, जोधपुर), नाहर सिंह जोधा (प्रदेश उपाध्यक्ष), भरत भाई मोदी (जिला अध्यक्ष, भाजपा बालोतरा), गोविंद सिंह कालुड़ी (जिला उपाध्यक्ष, भाजपा बालोतरा), एवं रूपचंद जी सालेचा (अध्यक्ष, सीईटीपी ट्रस्ट बालोतरा) सहित भाजपा के अनेक पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
सहारनपुर पुलिस ने फर्जी लेटर पैड का उपयोग कर पुलिस स्कॉर्ट हासिल करने की कोशिश करने वाले एक जालसाज को गिरफ्तार किया है। थाना कोतवाली देहात पुलिस ने सोमवार को आरोपी अनस को दबोचा। इस कार्रवाई से प्रशासनिक तंत्र में हड़कंप मच गया है। पुलिस जांच में सामने आया है कि आरोपी अनस, पुत्र यासीन, निवासी गांव मिर्जापुर पोल, थाना मिर्जापुर, फर्जी लेटर पैड तैयार कर लोगों पर दबाव बनाता था और सरकारी व्यवस्था को गुमराह करता था। वह भारतीय सुहेलदेव समाज पार्टी के नाम से नकली लेटर पैड बनाकर अधिकारियों व संस्थानों को भ्रमित करता था, जिससे वह अपनी पहुंच और प्रभाव का झूठा प्रदर्शन कर सके। इस मामले की गंभीरता तब और बढ़ गई जब आरोपी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सहारनपुर एक्सप्रेसवे उद्घाटन दौरे के दौरान भी फर्जी दस्तावेजों के माध्यम से पुलिस स्कॉर्ट लेने का प्रयास किया। इस घटना ने सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं, क्योंकि ऐसी साजिशें वीआईपी मूवमेंट के दौरान बड़ी सुरक्षा चूक का कारण बन सकती हैं। इस पूरे मामले में थाना कोतवाली देहात में एसआई नरेंद्र भडाना की तहरीर पर मुकदमा दर्ज किया गया है। एसएसपी के निर्देश पर चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत थानाध्यक्ष देवेश कुमार शर्मा के नेतृत्व में एक टीम का गठन किया गया। पुलिस ने मुखबिर की सटीक सूचना पर सोमवार को बेहट रोड स्थित गोयल ढाबे के पास दबिश देकर आरोपी अनस को मौके से गिरफ्तार कर लिया। पुलिस पूछताछ में आरोपी से कई अहम खुलासे होने की संभावना है। पुलिस को संदेह है कि इस गिरोह में और भी लोग शामिल हो सकते हैं, जो फर्जी दस्तावेजों के माध्यम से सरकारी व्यवस्था का दुरुपयोग कर रहे हैं। आरोपी को गिरफ्तार करने वाली टीम में एसआई संजय कुमार राणा, हेड कांस्टेबल सनोवर ताज और कांस्टेबल लोकेन्द्र कुमार शामिल थे। पुलिस ने बताया कि सरकारी पद, दस्तावेजों और सुरक्षा व्यवस्थाओं के साथ खिलवाड़ करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी रहेगी। आरोपी को जल्द ही कोर्ट में पेश किया जाएगा।
रामपुर में स्कूली वाहनों की सघन चेकिंग:बच्चों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए विशेष अभियान
रामपुर में स्कूली बच्चों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए यातायात पुलिस ने सोमवार को विशेष अभियान चलाया। पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर सुबह दस बजे से दोपहर डेढ़ बजे तक जिले भर में स्कूली वाहनों की सघन चेकिंग की गई। इस अभियान के दौरान यातायात पुलिस टीमों ने स्कूल वैन, बसों और अन्य वाहनों के फिटनेस प्रमाणपत्र, बीमा, रजिस्ट्रेशन और परमिट जैसे आवश्यक दस्तावेजों की जांच की। कई वाहनों में खामियां पाए जाने पर चालकों और संचालकों को मौके पर ही सुधार के निर्देश दिए गए। यातायात प्रभारी ने स्पष्ट किया कि स्कूली बच्चों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने वाहन चालकों को ओवरलोडिंग न करने की सख्त हिदायत दी। साथ ही, वाहनों में अग्निशामक यंत्र, फर्स्ट एड बॉक्स और अन्य आवश्यक सुरक्षा उपकरणों की उपलब्धता सुनिश्चित करने पर भी जोर दिया गया। यातायात पुलिस ने यह भी बताया कि अक्सर छोटी-छोटी लापरवाहियां बड़े हादसों का कारण बन जाती हैं। इसलिए सभी वाहन संचालकों को नियमों का कड़ाई से पालन करने और अपने दस्तावेजों को समय-समय पर अपडेट रखने की सलाह दी गई। अधिकारियों के अनुसार, स्कूली बच्चों के सुरक्षित आवागमन और सड़क दुर्घटनाओं पर प्रभावी नियंत्रण के लिए इस तरह के विशेष अभियान भविष्य में भी लगातार चलाए जाएंगे। यह पहल न केवल नियमों का पालन सुनिश्चित करेगी, बल्कि अभिभावकों में भी बच्चों की सुरक्षा को लेकर विश्वास बढ़ाएगी।
खलीलाबाद पुलिस ने दो चोरी की घटनाओं का खुलासा किया:एक शातिर चोर गिरफ्तार, पायल और नकदी बरामद
संतकबीरनगर। खलीलाबाद कोतवाली पुलिस ने चोरी की दो घटनाओं का खुलासा किया है। पुलिस ने सोमवार को एक शातिर चोर को सोनी होटल के पास से गिरफ्तार किया। उसके कब्जे से चोरी का पायल और 3610 रुपये नकद बरामद हुए हैं। कोतवाल जय प्रकाश दूबे ने बताया कि कांटे चौकी इंचार्ज उमाशंकर तिवारी, तितौवा चौकी इंचार्ज हरिकेश बहादुर सिंह, हेड कांस्टेबल यूसुफ और कांस्टेबल अनिल कुमार बिन्द्रा की टीम ने चोर को गिरफ्तार किया। पकड़े गए चोर की पहचान खलीलाबाद के बड़की पटखौली निवासी अरविंद के रूप में हुई। तलाशी के दौरान उसके पास से एक सफेद धातु का पायल और 3610 रुपये नकद बरामद हुए। पुलिस की पूछताछ में अरविंद ने दो चोरी की घटनाओं को अंजाम देना स्वीकार किया। पहली घटना 9/10 दिसंबर 2025 की रात की है, जब उसने चुरेब निवासी विन्दा देवी पुत्र सुरेश कुमार सिंह के शौचालय का सामान चोरी किया था। इस संबंध में पीड़िता ने 14 दिसंबर 2025 को अज्ञात के खिलाफ मामला दर्ज कराया था। दूसरी घटना 31 मार्च 2026 को हुई थी। स्टेशन पुरवा, समय माता मंदिर के पास रहने वाले नवीन कुमार श्रीवास्तव पुत्र दौलत लाल श्रीवास्तव के घर का ताला तोड़कर अलमारी से सामान चोरी किया गया था। इस मामले में पीड़ित ने 5 अप्रैल 2026 को अज्ञात के खिलाफ केस दर्ज कराया था। आरोपी अरविंद ने बताया कि वह चोरी का सामान बेचकर अपनी मौज-मस्ती करता था। बरामद किए गए रुपये और सामान चोरी के ही हैं। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ आवश्यक कानूनी कार्रवाई करते हुए उसे कोर्ट में पेश किया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया।
उत्तर प्रदेश में लगातार बढ़ते तापमान और भीषण गर्मी (हीटवेव) को देखते हुए बेसिक शिक्षा विभाग ने बड़ा कदम उठाया है। शिक्षा निदेशक (बेसिक) प्रताप सिंह बघेल ने सभी जिला बेसिक शिक्षा अधिकारियों (बीएसए) को पत्र जारी कर परिषदीय स्कूलों के समय में बदलाव के निर्देश दिए हैं। यह फैसला उत्तर प्रदेश राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण की हीटवेव चेतावनी के बाद बच्चों के स्वास्थ्य की रक्षा के लिए तत्काल प्रभाव से लागू हो गया है। क्या है नया टाइम टेबल शिक्षकों के लिए स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं कि छात्रों को 12:30 बजे छुट्टी देने के बाद सभी शिक्षक, शिक्षा मित्र, अनुदेशक और शिक्षणेत्तर कर्मचारी दोपहर 1:30 बजे तक स्कूल में रहकर विभागीय व प्रशासनिक कार्य निपटाएंगे। वहीं निजी स्कूलों को लेकर आदेश में कहा गया है कि मान्यता प्राप्त निजी विद्यालयों की प्रबंध समिति स्थानीय परिस्थितियों के अनुसार समय बदलने का फैसला ले सकती है।
कटनी में एक ऑटो चालक की दादागिरी का मामला सामने आया है। पुणे से मजदूरी कर लौट रहे दो युवकों से कटनी जंक्शन से मुड़वारा स्टेशन तक (करीब 2 किमी) जाने के लिए ऑटो चालक ने जबरन 1020 रुपए वसूल लिए और विरोध करने पर जान से मारने की धमकी दी। 18 अप्रैल को पीड़ित दीपक यादव और आकाश यादव (निवासी शहडोल) रीवा-राजकोट एक्सप्रेस से कटनी पहुंचे थे। उन्हें मुड़वारा स्टेशन से शहडोल की ट्रेन पकड़नी थी। ई-रिक्शा चालक ने पहले 30 रुपए सवारी का लालच दिया, लेकिन मुड़वारा पहुंचते ही मुकर गया। उसने गाली-गलौज शुरू कर दी और प्रति सवारी 510 रुपए की मांग की। दुकान पर ले जाकर कराया ऑनलाइन पेमेंट मजदूरों के पास नकद पैसे नहीं थे, तो चालक उन्हें जबरन एक मोबाइल दुकान पर ले गया। वहां दुकानदार के नंबर पर 'फोन पे' के जरिए 1020 रुपए ट्रांसफर करवाए और दुकानदार से कैश लेकर वहां से भाग निकला। पीड़ित ने बताया कि चालक पहले 400-400 रुपए मांग रहा था, लेकिन बाद में डरा-धमकाकर 220 रुपए और ले लिए। वीडियो पोस्ट होने पर पुलिस सक्रिय यह घटना 18 अप्रैल की है, जिसका वीडियो अब सामने आया है। कटनी के नगर पुलिस अधीक्षक नेहा पच्चीसिया ने कहा कि शिकायत मिलते ही एफआईआर (FIR) दर्ज कर चालक के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने बताया कि पहले भी ऐसे चालकों को चेतावनी दी गई थी, लेकिन अब कड़ी कार्रवाई की जरूरत है।
महासमुंद जिला कांग्रेस कमेटी ने भाजपा पर महिला आरक्षण को लेकर भ्रम फैलाने का आरोप लगाया है। कांग्रेस जिलाध्यक्ष और खल्लारी विधायक द्वारिकाधीश यादव ने कहा कि भाजपा यह प्रचार कर रही है कि विपक्ष के विरोध के कारण महिला आरक्षण बिल पास नहीं हो सका। कांग्रेस ने स्पष्ट किया कि नारी शक्ति वंदन अधिनियम 2023 (106वां संविधान संशोधन) संसद के दोनों सदनों से पारित होकर कानून बन चुका है। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू भी इसे मंजूरी दे चुकी हैं। केंद्र सरकार की ओर से पेश किया गया 131वां संविधान संशोधन विधेयक महिला आरक्षण से जुड़ा नहीं था। महिला आरक्षण को बताया मुखौटा कांग्रेस ने कहा कि भाजपा महिला आरक्षण को मुखौटा बनाकर परिसीमन संशोधन बिल और केंद्र शासित प्रदेशों से जुड़े कानूनों में बदलाव कराना चाहती थी। प्रस्तावित विधेयक में लोकसभा सीटों की संख्या बढ़ाकर 850 करने का प्रावधान था, जिसमें 815 सीटें राज्यों और 35 सीटें केंद्र शासित प्रदेशों के लिए रखी जानी थीं। पुराने आंकड़ों के आधार पर परिसीमन क्यों साथ ही परिसीमन के लिए 2011 की जनगणना को आधार बनाने की बात कही गई थी। परिसीमन के इस प्रस्ताव पर कई राज्यों ने आपत्ति जताई, जिसके चलते यह विधेयक पारित नहीं हो सका, जब नई जनगणना की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है, तो पुराने आंकड़ों के आधार पर परिसीमन क्यों किया जा रहा है। मौजूदा सीटों पर आरक्षण लागू करने की मांग कांग्रेस ने मांग की है कि यदि सरकार वास्तव में महिला आरक्षण लागू करना चाहती है, तो परिसीमन का इंतजार किए बिना मौजूदा सीटों पर ही 33 प्रतिशत आरक्षण लागू किया जाए। इसके लिए 2023 के कानून में संशोधन कर इसे तुरंत लागू किया जा सकता है। आरक्षण दिलाने की पहल कांग्रेस सरकारों ने की कांग्रेस नेताओं ने यह भी कहा कि पंचायत और नगर निकायों में महिलाओं को आरक्षण दिलाने की पहल कांग्रेस सरकारों ने की थी। उन्होंने पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी और पीवी नरसिम्हा राव के प्रयासों का जिक्र करते हुए बताया कि आज देशभर में लाखों महिला जनप्रतिनिधि कांग्रेस की नीतियों की देन हैं। कांग्रेस ने आरोप लगाया कि भाजपा महिला आरक्षण के नाम पर देश में भ्रम फैला रही है, जबकि उसकी असली मंशा अपने हिसाब से सीटों का परिसीमन करना है।
सालमगढ़ पुलिस ने पॉक्सो के 2 आरोपी पकड़े:परीक्षा देकर स्कूल से घर लौट रही लड़कियों के अपहरण का आरोप
प्रतापगढ़ पुलिस ने नाबालिग लड़कियों के अपहरण और छेड़छाड़ के मामले में वांछित दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। ये आरोपी सालमगढ़ थाने के टॉप-10 वांछितों की सूची में शामिल थे। यह घटना 12 मार्च 2026 की है। पीड़िता ने अपने पिता के साथ सालमगढ़ थाने में लिखित रिपोर्ट दर्ज कराई थी। रिपोर्ट के अनुसार, पीड़िता और उसकी सहेली परीक्षा देकर स्कूल से घर लौट रही थीं। तभी तुलसीराम और अनिल मीणा नामक दो व्यक्ति मोटरसाइकिल पर आए और उन्हें जबरन अपने साथ ले गए। इस रिपोर्ट के आधार पर पुलिस ने मामला दर्ज किया। मामले में सालमगढ़ थाना पुलिस ने एक विशेष टीम का गठन किया। टीम ने लंबे समय से फरार चल रहे इन आरोपियों की तलाश शुरू की, जो पॉक्सो एक्ट के तहत भी वांछित थे। तलाश के दौरान पुलिस ने तुलसीराम और अनिल उर्फ शंकरलाल को हमीरपुरा पठार से हिरासत में लिया। गिरफ्तारी के बाद दोनों अभियुक्तों को न्यायालय में पेश किया गया।
सिद्धार्थनगर में सोमवार शाम को बुढ़ी राप्ती नदी में डूबने से जनियर डॉक्टर और मेडिकल छात्र की मौत हो गई। कार से 4 दोस्त बांध क्षेत्र पहुंचे थे और योग माया मंदिर के पास नदी में नहाने लगे। इसी दौरान सत्यम नायक अचानक गहरे पानी में चले गए। उन्हें डूबता देख सचिन महावीर बचाने के लिए आगे बढ़े, लेकिन वह भी संतुलन खोकर गहराई में समा गए। जहां गहरे पानी में जाने से हादसा हो गया। वहीं साथी विनीत और नितेश ने शोर मचाकर मदद मांगी। आसपास मौजूद लोग और चरवाहे मौके पर पहुंचे। लेकिन तब तक दोनों लापता हो चुके थे। मामला जोगिया थाना क्षेत्र का है। पढ़िए पूरा मामला…. सोमवार करीब 3 बजे मेडिकल कॉलेज के 4 छात्र कार से बांध क्षेत्र पहुंचे थे और योग माया मंदिर के पास बुढ़ी राप्ती नदी में नहाने लगे। इसी दौरान सत्यम नायक अचानक गहरे पानी में चले गए। उन्हें डूबता देख सचिन महावर बचाने के लिए आगे बढ़े, लेकिन वह भी संतुलन खोकर गहराई में समा गए। साथियों विनीत और नितेश ने शोर मचाकर मदद मांगी। आसपास मौजूद लोग और चरवाहे मौके पर पहुंचे, लेकिन तब तक दोनों लापता हो चुके थे। मृतकों की पहचान सत्यम नायक (28) और सचिन महावीर (24) के रूप में हुई है। सत्यम माधव प्रसाद त्रिपाठी मेडिकल कॉलेज में जूनियर डॉक्टर था, जबकि सचिन द्वितीय वर्ष का छात्र था। सूचना मिलते ही जोगिया पुलिस मौके पर पहुंची। प्रभारी निरीक्षक अभय सिंह के नेतृत्व में गोताखोरों की मदद से रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया गया और दोनों शवों को बाहर निकाला गया। मौके पर मौजूद डॉक्टरों ने सीपीआर देकर उन्हें बचाने का प्रयास किया, लेकिन सफलता नहीं मिली। अपर पुलिस अधीक्षक प्रशांत कुमार प्रसाद ने बताया- चार छात्र नदी में नहाने गए थे, जिनमें से दो की डूबने से मौत हो गई। पुलिस ने शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और आवश्यक विधिक कार्रवाई की जा रही है।
फरीदाबाद के बल्लभगढ़ स्थित सदर थाना क्षेत्र के गांव फतेहपुर बिल्लौच की अनाज मंडी में सोमवार को दिनदहाड़े एक आढ़ती पर हमला कर दिया गया। करीब 10 से 12 युवकों ने लाठी-डंडों और लोहे की रॉड से हमला कर आढ़ती को गंभीर रूप से घायल कर दिया। घायल को तुरंत नजदीकी अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उसका इलाज चल रहा है। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंच गई और मामले की जांच शुरू कर दी। जानकारी के अनुसार घायल की पहचान आढ़ती रंजीत रावत के रूप में हुई है। बताया जा रहा है कि सोमवार को रंजीत रावत अपनी आढ़त पर बैठे हुए थे और मंडी में रोजाना की तरह कामकाज चल रहा था। इसी दौरान अचानक 10-12 युवक वहां पहुंचे और बिना किसी कहासुनी के रंजीत रावत पर हमला बोल दिया। लोहे की रॉड से किए वार हमलावरों ने लाठी-डंडों और लोहे की रॉड से लगातार वार किए, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गए। अचानक हुए इस हमले से मंडी में अफरा-तफरी मच गई। मौके पर मौजूद अन्य आढ़तियों और लोगों ने बीच-बचाव करने की कोशिश की, लेकिन तब तक हमलावर रंजीत को घायल कर मौके से फरार हो गए। इसके बाद आसपास मौजूद लोगों ने तुरंत घायल को अस्पताल पहुंचाया और पुलिस को सूचना दी। पुलिसकर्मी पर लगाए हमला कराने के आरोप घटना के बाद घायल के परिजनों ने हमले के पीछे पुरानी रंजिश का आरोप लगाया है। रंजीत के भाई का कहना है कि कुछ दिन पहले सदर थाना का एक पुलिसकर्मी अपने साथी के साथ नशे की हालत में मंडी में आया था। उस दौरान उसने एक महिला मजदूर के साथ बदसलूकी की थी। जब महिला ने इसका विरोध किया तो आरोपी ने उसे जान से मारने की धमकी दी थी। उस समय मंडी के आढ़तियों ने भी इसका विरोध किया था, जिसके बाद मामला आपसी समझौते से शांत करा दिया गया था। परिजनों का आरोप है कि उसी विवाद के चलते पुलिसकर्मी ने रंजीत रावत पर हमला करवाया है। मामले की जांच कर रही पुलिस वहीं सदर थाना प्रभारी समीर ने बताया कि आढ़ती पर हमले की सूचना पुलिस को मिली है। पुलिस मौके पर पहुंचकर मामले की जांच कर रही है। उन्होंने कहा कि पीड़ित पक्ष की शिकायत के आधार पर आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर कार्रवाई की जाएगी और जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार किया जाएगा।
लुधियाना के माछीवाड़ा स्थित सलाना बेट गांव में खेत में लगी आग बुझाते समय एक किसान की दम घुटने से मौत हो गई। यह घटना आज सुबह करीब 8:30 बजे हुई। गांव के 44 वर्षीय लखविंदर सिंह ने बताया कि ट्रांसफार्मर में स्पार्किंग के कारण खेत में आग लग गई थी। मृतक मंदीप सिंह की फसल कटाई के लिए तैयार थी, जिसे बचाने के लिए वह ग्रामीणों के साथ आग बुझाने में जुट गए। ग्रामीणों के अनुसार, आग बुझाने के दौरान मंदीप सिंह धुएं में ट्रैक्टर चला रहे थे, जिससे उन्हें सांस लेने में दिक्कत हुई और दम घुटने से उनकी मौत हो गई। मंदीप सिंह अपने पीछे 14 साल की बेटी और 9 साल का बेटा छोड़ गए हैं। इस दुखद घटना से पूरे गांव में शोक का माहौल है। दमकल से पहले लोगों ने आग पर पाया काबू ग्रामीणों ने बताया कि उन्होंने अग्निशमन विभाग को भी सूचना दी थी, लेकिन उनके पहुंचने से पहले ही ग्रामीणों ने आग पर काबू पा लिया था। मृतक मनदीप सिंह दो बहनों का एक भाई था और करीब 10 एकड़ की खेती खुद करता था। गेहूं की फसल पूरी तरह पक्क चुकी थी और आज ही मनदीप सिंह ने फसल की कटाई करवानी थी परंतु उनकी मौत से सभी और शोक है।
खरोरा में अवैध शराब पर पुलिस की कार्रवाई:तीन आरोपी गिरफ्तार, 64 पौवा देशी शराब जब्त
खरोरा थाना पुलिस ने ऑपरेशन निश्चय के तहत बड़ी कार्रवाई करते हुए अवैध शराब के कारोबार में लिप्त तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने अलग-अलग स्थानों पर दबिश देकर कुल 64 पौवा देशी शराब जब्त की। पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली थी कि खरोरा रोड स्थित राइस मिल के पास कुछ लोग अवैध शराब बिक्री के लिए रखे हुए हैं। इस सूचना के आधार पर टीम ने घेराबंदी कर छापा मारा। मौके से हितेन्द्र सेन (35) और आशीष गुप्ता (44) को पकड़ा गया। उनके कब्जे से 34 पौवा देशी मसाला शराब (कुल 6.120 लीटर) और 200 रुपए नकद जब्त किए गए। जब्त सामग्री की कुल कीमत 3600 रुपए आंकी गई है। अवैध शराब पर पुलिस की कार्रवाई इसी कार्रवाई के तहत पुलिस ने पचरी रोड स्थित प्लाईवुड कंपनी के पास से चेतन निषाद (39) को भी गिरफ्तार किया। उसके पास से 30 पौवा रोमियो देशी मसाला शराब (लगभग 5.4 लीटर) बरामद हुई, जिसकी कीमत करीब 3000 रुपए है। तीनों आरोपियों के खिलाफ आबकारी एक्ट की धारा 34(2) के तहत अलग-अलग प्रकरण दर्ज किए गए हैं। पूछताछ के दौरान आरोपियों के पास शराब रखने या बेचने से संबंधित कोई वैध दस्तावेज नहीं मिला। पुलिस ने सभी को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया, जहां से उन्हें न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया। यह कार्रवाई वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देश पर थाना प्रभारी खरोरा के नेतृत्व में की गई।
लखनऊ विश्वविद्यालय में सेल्फ फाइनेंस कोर्स की फीस में बड़ा इजाफा किया गया है। कई कोर्सों में फीस लगभग दोगुनी तक बढ़ गई है, जिससे छात्रों और अभिभावकों की चिंता बढ़ गई है। अहम बात यह है कि यह बढ़ोतरी तब की गई, जब प्रवेश के लिए आवेदन पहले ही हो चुके थे। हालांकि, सोमवार को लखनऊ विश्वविद्यालय ने LURN रजिस्ट्रेशन के लिए 100 रुपए का शुल्क नहीं लेने का ऐलान किया। अभी तक प्रवेश के लिए आवेदन फॉर्म भरने से पहले अभ्यर्थियों को LURN पंजीकरण के लिए 100 रुपए देना होता था। मगर, अब बिना शुल्क दिए पंजीकरण प्रक्रिया पूर्ण हो सकेगी। साथ ही पुस्तकालय की समय सीमा भी बढ़ा दी गई है। अब यह प्रतिदिन सुबह सात से रात आठ बजे तक खुलेगी। छुट्टियों के दिन सुबह 10 से दोपहर 2 बजे तक खुली रहेगी। ये निर्णय सोमवार कुलपति प्रोफेसर जेपी सैनी ने कई छात्र संगठनों के प्रतिनिधियों के साथ फीस वृद्धि से जुड़े विषयों पर वार्ता कर लिया। बीकॉम फीस 25 हजार से बढ़कर 40 हजार रुपए की नई व्यवस्था का असर खासतौर पर बीएससी, बीबीए, बीकॉम जैसे लोकप्रिय पाठ्यक्रमों पर साफ दिख रहा है। बीएससी में जहां पहले करीब 13 हजार फीस थी, अब उसे बढ़ाकर लगभग 26 हजार रुपए कर दिया गया है। वहीं, बीकॉम में फीस 25 हजार से बढ़कर करीब 40 हजार रुपए हो गई है। बीबीए में फीस छह हजार से सीधे 13 हजार कर दी गई है। विश्वविद्यालय प्रशासन का कहना है कि बढ़ते खर्च और संसाधनों की जरूरत को देखते हुए यह फैसला लिया गया है। राज्य सरकार से मिलने वाली आर्थिक सहायता कम हुई LU प्रशासन के मुताबिक, राज्य सरकार से मिलने वाली सहायता कम हो रही है, जबकि विश्वविद्यालय में खर्च लगातार बढ़ रहा है। इसी कारण सेल्फ फाइनेंस कोर्स की फीस में वृद्धि करनी पड़ी है। हालांकि, नियमित (रेगुलर) कोर्स की फीस में कोई बदलाव नहीं किया गया है। फीस बढ़ोतरी के साथ कुछ कोर्स में सीटें भी बढ़ाई गई हैं, ताकि ज्यादा छात्रों को मौका मिल सके, लेकिन बढ़ी हुई फीस को लेकर छात्रों में नाराजगी बनी हुई है। फीस बढ़ाने के पीछे दिया ये तर्क LU शिक्षक संघ से जुड़े पदाधिकारी ने बताया कि साल 1991 से प्रदेश सरकार ने LU को दी जाने वाले ग्रांट में बढ़ोतरी नहीं की है, जबकि खर्च लगातार बढ़ रहा है। फीस बढ़ाने के पीछे मुख्य कारण आर्थिक दबाव है। वहीं, LU प्रशासन का कहना है कि वेतन और अन्य खर्चों के लिए मिलने वाली राशि पर्याप्त नहीं है। ऐसे में खर्च और आय के अंतर को पूरा करने के लिए फीस बढ़ाने का फैसला लिया गया है। बेस्ट एजुकेशन इन मिनिमम फीस पर फोकस कुलपति प्रोफेसर जेपी सैनी ने बताया कि विश्वविद्यालय न्यूनतम शुल्क में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्रदान करने पर फोकस कर रहा है। उन्होंने कहा कि शिक्षा का उद्देश्य केवल ज्ञानार्जन नहीं बल्कि सामाजिक उत्तरदायित्व और पारदर्शिता भी है। विश्वविद्यालय प्रशासन छात्रों की समस्याओं को समझने और उनके समाधान के लिए सदैव तत्पर रहेगा।
लखनऊ में गोंड समाज के अधिकारों पर बड़ा आयोजन:दारुलशफा में प्रांतीय मंडलीय सम्मेलन
लखनऊ के हजरतगंज स्थित दारुलशफा के कॉमन हॉल में सोमवार को गोंड समाज के अधिकारों पर एक बड़ा आयोजन किया गया। मूलवासी कश्यप निषाद गोंड जन उत्थान समिति ने गोंड समूह आरक्षण अधिकार कोर कमेटी उत्तर प्रदेश के सहयोग से प्रांतीय मंडलीय सम्मेलन का आयोजन किया, जिसमें समाज के कई प्रमुख लोग शामिल हुए। सम्मेलन में मंत्री नरेंद्र कश्यप मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। उन्होंने समाज के लोगों को एकजुट रहने का संदेश दिया। इस अवसर पर दीपिका रायकवार, डॉ. सुभाष, कैप्टन जगदीश कश्यप, राजेंद्र प्रसाद गोंड, सीताराम कश्यप, रामनाथ गोंड, बिंद्रा प्रसाद और रामजी गोंड सहित कई गणमान्य व्यक्ति मंच पर मौजूद थे। सामाजिक-आर्थिक विकास पर विस्तृत चर्चा की कार्यक्रम में वक्ताओं ने गोंड समाज के आरक्षण अधिकारों और उनके सामाजिक-आर्थिक विकास पर विस्तृत चर्चा की। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि समाज को उसके अधिकार दिलाने के लिए संगठित प्रयास आवश्यक हैं।राजेंद्र प्रसाद गोंड ने अपने संबोधन में कहा कि गोंड समाज को लंबे समय से उनके अधिकारों से वंचित रखा गया है। उन्होंने समाज से एकजुट होकर अपनी आवाज उठाने और अधिकारों के लिए संघर्ष करने का आह्वान किया। समाज के उत्थान की लड़ाई को आगे बढ़ाने का संकल्प सीताराम कश्यप ने आरक्षण को केवल एक सुविधा नहीं, बल्कि समाज के विकास का आधार बताया। उन्होंने कहा कि जब तक समाज के सभी वर्गों को समान अवसर नहीं मिलेगा, तब तक समग्र विकास संभव नहीं है।सम्मेलन के समापन पर समाज के उत्थान और अधिकारों की लड़ाई को आगे बढ़ाने का संकल्प लिया गया। आयोजकों ने विश्वास व्यक्त किया कि ऐसे कार्यक्रमों से जागरूकता बढ़ेगी और समाज को उसके अधिकार दिलाने की दिशा में ठोस कदम उठाए जाएंगे।
नूंह जिले के एक राजकीय कन्या विद्यालय में चौकीदार ने फंदा लगाकर आत्महत्या कर ली। मृतक की पहचान सलंबा निवासी इंदरजीत (36) के रूप में हुई है, जो लंबे समय से स्कूल में कार्यरत था। बता दे कि इंदरजीत ने रविवार देर रात स्कूल के एक कमरे में पंखे से फंदा लगा लिया। दरअसल घटना का खुलासा सोमवार सुबह तब हुआ जब उसकी छोटे भाई की पत्नी रोजाना की तरह स्कूल में झाड़ू लगाने पहुंची। कमरा खोलने पर उसने इंदरजीत को फंदे पर लटका देखा और शोर मचाया। शोर सुनकर आसपास के लोग मौके पर पहुंचे और इंदरजीत को नीचे उतारा। डॉक्टरों ने जांच के बाद मृत घोषित किया इस दौरान उसे तुरंत मेडिकल कॉलेज नलहड़ ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने जांच के बाद मृत घोषित कर दिया। घटना की सूचना मिलते ही थाना सदर नूंह पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू की। जांच अधिकारी अजीत ने बताया कि शव का पोस्टमार्टम कराकर परिजनों को सौंप दिया गया है। मामले में आगे की कार्रवाई जारी है। मानसिक रूप से परेशान था परिवार के सदस्यों के अनुसार, इंदरजीत पिछले कई दिनों से मानसिक रूप से परेशान था। हालांकि, आत्महत्या के सटीक कारणों का अभी तक पता नहीं चल पाया है। पुलिस सभी पहलुओं से मामले की जांच कर रही है।
लखनऊ में करीब चार दशक पुरानी आवासीय कॉलोनियों के कायाकल्प की तैयारी शुरू हो गई है। लखनऊ विकास प्राधिकरण (एलडीए) अब इन जर्जर हो चुकी कॉलोनियों को तोड़कर उनकी जगह आधुनिक हाईराइज बिल्डिंग बनाने की योजना पर काम कर रहा है। हालांकि, इसके लिए संबंधित कॉलोनी के 60% मकान मालिकों की लिखित सहमति अनिवार्य होगी। इसके लिए एक कमेटी भी बनाई गई है। एलडीए के वीसी प्रथमेश कुमार के मुताबिक, उत्तर प्रदेश शहरी पुनर्विकास नीति-2026 के तहत यह प्रस्ताव तैयार किया गया है। बिना सहमति किसी भी मकान को नहीं तोड़ा जाएगा। सर्वे के लिए कमेटी गठित एलडीए ने पुरानी कॉलोनियों की स्थिति का आकलन करने के लिए अपर सचिव सीपी त्रिपाठी की अगुवाई में एक कमेटी बनाई है। यह टीम मौके पर जाकर भवनों की स्थिति, निवासियों की संख्या और स्वामित्व से जुड़े दस्तावेजों की जांच करेगी। सर्वे के दौरान ही सहमति पत्र भी लिए जाएंगे। किरायेदारों को देना होगा साक्ष्य अगर कोई किरायेदार वर्षों से इन भवनों में रह रहा है, तो उसे योजना का लाभ पाने के लिए प्रमाण देना होगा। इसके लिए किरायानामा, एलडीए की रसीद, हाउस टैक्स या बिजली बिल जैसे दस्तावेज जरूरी होंगे। नए फ्लैट मिलेंगे, किराया भी मिलेगा पुरानी कॉलोनी तोड़ने के बाद बनने वाली नई इमारत में पात्र लोगों को फ्लैट दिए जाएंगे। निर्माण अवधि के दौरान किरायेदारों को 5 हजार से 10 हजार रुपए तक मासिक किराया भी एलडीए देगा, ताकि वे वैकल्पिक व्यवस्था कर सकें। इन कॉलोनियों से होगी शुरुआत पहले चरण में वजीर हसन रोड, पेपर मिल कॉलोनी और कानपुर रोड योजना के सेक्टर-जी स्थित मल्टीस्टोरी भवनों को री-डेवलपमेंट के लिए चिन्हित किया गया है। इन पुरानी कॉलोनियों में कई जगह पार्क और पार्किंग पर अवैध कब्जे हो चुके हैं। कई फ्लैटों में मूल आवंटियों की जगह अन्य लोग रह रहे हैं। ऐसे में री-डेवलपमेंट से न सिर्फ अव्यवस्था दूर होगी, बल्कि प्राइम लोकेशन पर बेहतर सुविधाओं वाले नए आवास भी विकसित किए जा सकेंगे।
थ्रेशर मशीन हादसे में उखड़ी सिर चमड़ी को जोड़ा:आरएनटी मेडिकल कॉलेज के डॉक्टरों ने किया जटिल ऑपरेशन
उदयपुर के आरएनटी मेडिकल कॉलेज के सुपर स्पेशलिटी अस्पताल में प्लास्टिक सर्जरी विभाग के डॉक्टरों ने एक जटिल ऑपरेशन किया। थ्रेशर मशीन हादसे में उखड़ी सिर की त्वचा को ’ट्रांसपोज़िशन फ्लैप’ तकनीक से जोड़ दिया। 40 वर्षीय मरीज थ्रेशर मशीन की चपेट में आने से गंभीर घायल हो गया था। जिससे उसके सिर की त्वचा उखड़ गई थी। डॉक्टरों ने इसे (स्कल्प एवल्शन) ट्रांसपोज़िशन फ्लैप तकनीक से जोड़ दिया। प्लास्टिक एवं कॉस्मेटिक सर्जन डॉ. विकास चौधरी ने बताया कि घाव के पास वाले हिस्से से स्वस्थ ऊतकों (ज्पेनमे) को सावधानीपूर्वक स्थानांतरित किया गया। इस तकनीक की सबसे बड़ी विशेषता ये है कि यह प्रभावित क्षेत्र में खून की आपूर्ति को निरंतर बनाए रखती है, जिससे घाव जल्दी भरता है। मेडिकल कॉलेज प्राचार्य डॉ. राहुल जैन ने बताया कि अब ऐसी अत्याधुनिक और महंगी प्लास्टिक सर्जरी की सुविधाएं सरकारी योजनाओं के तहत मेडिकल कॉलेज में उपलब्ध हैं। इससे मरीजों को अहमदाबाद या दिल्ली जैसे बड़े शहरों में जाने की आवश्यकता नहीं है। इसमें अधीक्षक डॉ. विपिन माथुर, सर्जरी टीम में विभागाध्यक्ष डॉ. विकास चौधरी, एनेस्थीसिया विभाग की डॉ. उदिता नैथानी, डॉ. खेमराज मीणा की भूमिका रही।
गंगरेल बांध आइलैंड पर सांप गिरने से मजदूर बीमार:वाटर एंबुलेंस ने बचाया; 7 पंचायतों को मिल रहा लाभ
धमतरी जिले में गंगरेल बांध के डूबान क्षेत्र में शुरू की गई वाटर एंबुलेंस सेवा सोमवार को एक मजदूर के लिए जीवनरक्षक साबित हुई। ठेमली आइलैंड पर काम कर रहे मजदूर की तबीयत अचानक बिगड़ने पर इस सेवा का सफलतापूर्वक उपयोग किया गया। सिरपुर निवासी शंकर कमार ठेमली आइलैंड में कार्यरत थे, जब अचानक उनके ऊपर एक सांप गिर गया। इससे उनके सिर में तेज जलन और घबराहट शुरू हो गई। स्थिति बिगड़ती देख ठेकेदार ने तत्काल गंगरेल ब्लू एडवेंचर टीम को सूचना दी। धमतरी पहुंचने में पहले 1 घंटे से अधिक समय लगता था डूबान क्षेत्र के लोगों को पहले धमतरी पहुंचने में एक घंटे से अधिक समय लगता था, जिससे उन्हें समय पर इलाज नहीं मिल पाता था। इस समस्या को देखते हुए जिला प्रशासन ने गंगरेल बांध में वाटर एंबुलेंस सेवा शुरू की थी, जिसका अब सीधा लाभ मिलना शुरू हो गया है। मरीज शंकर कमार ने बताया कि वे ठेमली में सड़क बनाने का काम कर रहे थे, तभी उनके ऊपर सांप गिर गया। इसके बाद उन्हें घबराहट और चक्कर आने लगे। ठेकेदार को सूचना देने के बाद उन्हें बोट एंबुलेंस के माध्यम से जिला अस्पताल पहुंचाया गया। इलाज के बाद उनकी तबीयत में सुधार आया है। थर्ड पार्टी के माध्यम से वाटर एंबुलेंस का संचालन कलेक्टर अविनाश मिश्रा ने बताया कि गंगरेल बांध में थर्ड पार्टी के माध्यम से वाटर एंबुलेंस का संचालन किया जा रहा है। डूबान क्षेत्र में सात पंचायतें हैं, जिनके निवासियों को धमतरी पहुंचने में काफी समय लगता था। वाटर एंबुलेंस के जरिए मरीजों को गंगरेल तक लाया जाता है, जहां से एक अन्य एंबुलेंस उन्हें अस्पताल रेफर करती है। मरीजों के लिए कोई शुल्क नहीं कलेक्टर ने यह भी बताया कि सोमवार को यह पहला ऐसा मामला था, जिसमें ठेमली आइलैंड पर बन रहे निर्माण स्थल से एक मरीज को वाटर एंबुलेंस के माध्यम से लाया गया। उन्होंने कहा कि आने वाले समय में यह एंबुलेंस केवल मरीजों के लिए ही नहीं, बल्कि छात्रों और ग्रामीणों के लिए भी उपलब्ध होगी, जो धमतरी में किसी भी कार्य के लिए गंगरेल बांध तक आना चाहते हैं। इसके लिए एक सामान्य शुल्क निर्धारित किया गया है, जबकि मरीजों के लिए कोई शुल्क नहीं होगा।
सिरसा जिले के डबवाली में संयुक्त किसान मोर्चा के आह्वान पर किसानों ने सोमवार को अपनी मांगों को लेकर मार्केट कमेटी कार्यालय का घेराव किया। किसानों ने बायोमेट्रिक सिस्टम की अनिवार्यता, गेहूं के उठान में देरी और 72 घंटे के भीतर भुगतान न मिलने जैसी समस्याओं पर सरकार के खिलाफ प्रदर्शन किया। यह धरना सुबह 11 बजे शुरू हुआ और दोपहर 2 बजे तक जारी रहा। इस दौरान किसानों ने कार्यालय का मुख्य गेट बंद कर दिया और सरकार तथा प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। विभिन्न गांवों से बड़ी संख्या में किसान इस प्रदर्शन में शामिल हुए, जिससे परिसर में आंदोलनकारी माहौल बना रहा। मंडियों में अव्यवस्था पर जताई चिंता किसान नेताओं जसवीर सिंह भाटी, भूपेंद्र सिंह, भोला सिंह और अंग्रेज सिंह सहित अन्य ने बताया कि बायोमेट्रिक सिस्टम की अनिवार्यता से किसानों की मुश्किलें बढ़ गई हैं। तकनीकी खामियों के कारण फसल बेचने में अक्सर देरी होती है। इसके अलावा, गेहूं के उठान में सुस्ती और निर्धारित 72 घंटे में भुगतान न मिलने से किसानों को गंभीर आर्थिक संकट का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने मंडियों में व्याप्त अव्यवस्था पर भी चिंता जताई। समाधान नहीं होने से किसानों में नाराजगी किसान नेताओं ने यह भी बताया कि इन समस्याओं को लेकर प्रशासन के माध्यम से सरकार को पहले भी कई बार अवगत कराया जा चुका है। हालांकि, अब तक इन मुद्दों का कोई ठोस समाधान नहीं निकला है, जिसके कारण किसानों में लगातार नाराजगी बढ़ रही है और वे सड़कों पर उतरने को मजबूर हैं। प्रदर्शन के दौरान किसानों ने स्पष्ट चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगों का जल्द समाधान नहीं किया गया, तो वे अपने आंदोलन को और उग्र करेंगे।
दल्लीराजहरा–रावघाट रेल परियोजना के तहत ताड़ोकी से रावघाट तक घने जंगलों और नक्सलियों की चुनौती के बीच 1300 जवानों की सुरक्षा में 17 किमी रेल पटरी बिछाने का काम पूरा हो गया है। इसकी पुष्टि रविवार को रेल विकास निगम लिमिटेड (आरवीएनएल) ने की है। प्रोटेक्शन और फिनिशिंग संबंधित कार्य को जून तक पूरा कराने का लक्ष्य रखा गया है। यह काम पूरा होने के बाद जुलाई में कोलकाता से कमिश्नर ऑफ रेलवे सेफ्टी (एसआरएस) की टीम ताड़ोकी से रावघाट तक ट्रेन का ट्रायल और पटरी का निरीक्षण करने पहुंचेगी। परियोजना के तहत ताड़ोकी से रावघाट तक पटरी बिछाने की शुरुआत अक्टूबर 2023 से काम शुरू हुआ था, जो अप्रैल 2026 में पूरा हुआ। इस लिहाज से 6वें चरण में पटरी बिछाने में दो साल से ज्यादा समय लगा। इसकी मुख्य वजह घनघोर जंगल के बीच नक्सलियों का खौफ रहा। इसके अलावा रेल पटरी जहां बिछा, वहां से नारायणपुर-अंतागढ़ स्टेट हाइवे मार्ग की दूरी 6 से 7 किमी है। दूरी होने की वजह से घनघोर जंगल में निर्माण संबंधित मटेरियल, मशीनों को पहुंचाना चुनौतियां रहा। प्रोजेक्ट की मॉनिटरिंग कर रहे रेल विकास निगम लिमिटेड के जेजीएम कन्हैया गोयल ने बताया कि घनघोर जंगल और नक्सलियों के भय और अन्य कारणों से पटरी बिछाने दो साल से ज्यादा समय लगा। एक बटालियन में 6 कंपनी के 600 से ज्यादा जवान तैनात आरवीएनएल के अनुसार पटरी बिछाने, पुल, पुलिया निर्माण संबंधित काम कराने के लिए केंद्रीय गृह मंत्रालय ने सशस्त्र सीमा बल के 2 बटालियन के जवानों को तैनात किया था। एसडीओपी देवांश सिंह राठौर ने बताया कि एक बटालियन में 5 से 6 कंपनी के 600 से ज्यादा तैनात रहते है। इसमें बड़े अधिकारी भी शामिल होते है। एक कंपनी में 100 से 120 जवान तैनात रहते है, जिनकी ड्र्यूटी सुरक्षा के लिहाज से विधानसभा, लोकसभा चुनाव और बड़ा निर्माण कार्य संबंधित प्रोजेक्ट में लगाई जाती है, ताकि किसी प्रकार की दिक्कत न आए। वर्तमान में भी कई काम बाकी है, इसलिए जवान तैनात है। जुलाई में ट्रायल के दौरान ट्रेन की आवाज सुनाई देगी राज्य बनने के पहले कभी घने जंगल के बीच नक्सलियों का खौफ रहता था। वहां अब भविष्य में प्राकृतिक सौंदर्य के बीच बंदूक के गोलियों की नहीं, बल्कि ट्रेन की आवाज सुनाई देगी। आरवीएनएल का दावा है कि ट्रायल के दौरान जुलाई में यह सुखद स्थिति बन सकती है। केंद्र सरकार की घोषणा और रेल मंत्रालय की प्लानिंग अनुसार परियोजना के तहत रेललाइन (पटरी) बिछाकर रावघाट से बीएसपी के लिए आयरन ओर की सप्लाई और ट्रेन का विस्तार करना प्रस्तावित है। रेल विकास निगम लिमिटेड (आरवीएनएल) का दावा है कि 6वें चरण में 90% काम हो चुका है। काम पूरा होने के बाद कमिश्नर ऑफ रेलवे सेफ्टी की टीम को ट्रायल और निरीक्षण करने पत्र भेजा जाएगा। गृह और रेल मंत्रालय से अनुमति के बाद ट्रेन चलेगी निरीक्षण के दौरान कमिश्नर ऑफ रेलवे सेफ्टी की टीम अपने स्तर पर जरूरी कार्यों को परखेंगे। रेल विकास निगम लिमिटेड और रेलवे विभाग के अफसरों से चर्चा करेंगे, जिसके आधार पर रिपोर्ट तैयार कर बिलासपुर जोन, रेल मंत्रालय नई दिल्ली भेजी जाएगी। सब कुछ सही होने पर नई दिल्ली से ट्रेन के विस्तार के लिए निर्धारित तिथि तय की जाएगी। दूरी के हिसाब से किराया भी तय किया जाएगा। गृह और रेल मंत्रालय से अनुमति के बाद ट्रेन चलेगी। छत्तीसगढ़ को नक्सलमुक्त घोषित किया जा चुका है। इस वजह से दावा किया जा रहा है कि अगस्त तक ट्रेन चल सकती है। पांच चरण में दल्ली से ताड़ोकी तक ट्रेन का विस्तार पहला चरण- दल्लीराजहरा से गुदुम तक पटरी बिछने के बाद एक फरवरी 2016 से ट्रेन का विस्तार 17 किमी हुआ।दूसरा चरण- गुदुम से भानुप्रतापपुर पटरी बिछने के बाद 14 अप्रैल 2018 से भानुप्रतापपुर तक ट्रेन का विस्तार 17 किमी हुआ।तीसरा चरण- भानुप्रतापुर से केवटी तक पटरी बिछने के बाद 30 मई 2019 को ट्रेन का विस्तार 8 किमी हुआ।चौथा चरण- केवटी से अंतागढ़ तक पटरी बिछने के बाद 13 अगस्त 2022 को ट्रेन का विस्तार 17 किमी हुआ।पांचवा चरण- अंतागढ़ से ताड़ोकी तक पटरी बिछने के बाद 3 अक्टूबर 2023 को ट्रेन का विस्तार 17 किमी हुआ।
गोरखपुर के कैंपियरगंज विधानसभा से विधायक फतेह बहादुर सिंह और उनके सहयोगियों को जान से मारने की धमकी मिली है। विधायक फतेह बहादुर सिंह पूर्व सीएम स्व. वीर बहादुर सिंह के बेटे हैं। यह पूर्व मंत्री भी रह चुके हैं। विधायक और उनके सहयोगियों को 09 मई तक जान से मारने की धमकी दी गई है। इस मामले में वार्ड नंबर-1 (पठनपुरवा बड़का) निवासी रजनीकांत पर धमकी देने का आरोप लगाया गया है। कैंपियरगंज पुलिस ने तत्काल इस घटना को संज्ञान लेकर जांच शुरू की तो आरोपी की लोकेशन इटारसी (मध्य प्रदेश) में मिली है। सोशल मीडिया पर धमकी देने का एक ऑडियो भी वायरल हो रहा है। धमकी देने का मुकदमा दर्ज कर पुलिस मामले की छानबीन कर रही है। विधायक के सहयोगी की तहरीर पर केस दर्ज कैंपियरगंज के नगर पंचायत चौमुखा के शक्तिनगर वार्ड निवासी नवीन सिंह ने कैंपियरगंज थाना पुलिस को दी गई तहरीर देकर मुकदमा दर्ज कराया है। उन्होंने आरोप लगाया है कि वार्ड नंबर-1 (पठनपुरवा बड़का) निवासी रजनीकांत क्षेत्र में भय का माहौल बना रहा है। रामचौरा निवासी सूरज के मोबाइल फोन पर बातचीत के दौरान क्षेत्रीय विधायक फतेह बहादुर सिंह, उनके प्रतिनिधि गणेशदत्त त्रिपाठी, सहयोगी समशेर सिंह और चेयरमैन प्रतिनिधि गोपाल सिंह समेत कई लोगों को आपत्तिजनक शब्द बोलते हुए 09 मई तक जान से मारने की धमकी भी दी। धमकी देने का आडियो वायरल बातचीत का 6.46 मिनट का एक आडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। जिसकी वजह से पूरे क्षेत्र में दहशत का माहौल है। पीड़ित के अनुसार, इस धमकी के बाद उनका परिवार सहम गया है। उनके पिता, जो हृदय रोग से पीड़ित हैं, की तबीयत भी बिगड़ गई है। पुलिस ने आरोपित रजनीकांत, उसके परिवार और सहयोगियों के विरुद्ध धमकी देने व अपमानजनक शब्दों का इस्तेमाल करने का मुकदमा दर्ज किया है। इस मामले में एसपी नॉर्थ ने बताया कि तहरीर के आधार पर मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। जांच पड़ताल शुरू कर कार्रवाई की जा रही है।
जोधपुर में नकली किताबों का अवैध कारोबार करने वाले बड़े नेटवर्क का पर्दाफाश किया गया। जालोरी गेट इलाके में पुलिस और राजस्थान राज्य पाठ्यपुस्तक मंडल की संयुक्त टीम ने रविवार शाम को कार्रवाई की। टीम ने बाईजी का तालाब रोड पर स्थित कमल प्रकाशन पर दबिश देकर एनसीईआरटी (NCERT) और राजस्थान पाठ्यपुस्तक मंडल की कक्षा 3 से 11 तक की 337 नकली किताबें बरामद की। पुलिस ने मौके से दुकान संचालक वीरेंद्र गट्टानी (50) पुत्र नंदकिशोर गट्टानी को गिरफ्तार कर उसके खिलाफ धोखाधड़ी और कॉपीराइट उल्लंघन का मामला दर्ज किया है। आरोपी मूल रूप से लोहियों की पोल पूंगलपाड़ा का निवासी है और वर्तमान में कायलाना चौराहा स्थित फ्लैट नंबर 804 सिद्धार्थ एवेन्यू में रहता है। जयपुर से पहुंची टीम की सूचना पर कार्रवाई सरदारपुरा थानाधिकारी जयकिशन सोनी ने बताया- राजस्थान राज्य पाठ्यपुस्तक मंडल जयपुर की विशेष जांच 19 अप्रैल की शाम टीम सरदारपुरा थाने पहुंची। दल में सहायक सचिव (टिकट शाखा) राजू कुमार, सहायक सचिव (उत्पादन शाखा) उमेश शर्मा, सहायक लेखाधिकारी-द्वितीय कमल चंद सैनी, वरिष्ठ सहायक गणेश बैरवा और कनिष्ठ सहायक विक्रम सिंह गुर्जर शामिल थे। टीम ने पुलिस को लिखित सूचना दी कि कमल प्रकाशन में भारी मात्रा में नकली पाठ्यपुस्तकें बेची जा रही हैं। इस सूचना पर सरदारपुरा थाने के एसआई दीपलाल के नेतृत्व में हैड कॉन्स्टेबल बजरंग और कॉन्स्टेबल मोतीलाल की पुलिस टीम मंडल के दल के साथ इस दुकान पर पहुंची। छानबीन में मिली 337 नकली किताबें, जब्त पुलिस और जांच टीम ने राज रणछोड़ राय के मंदिर के पीछे स्थित कमल प्रकाशन की दुकान-गोदाम पर दबिश दी। तलाशी के दौरान दुकान में मौजूद किताबें प्रथम दृष्टया नकली पाई गईं। दुकान संचालक वीरेंद्र गट्टानी इन किताबों का कोई भी वैध बिल या वेंडर रसीद पेश नहीं कर सका। पुलिस ने मौके से राजस्थान पाठ्यपुस्तक मंडल की 140 और NCERT की 197 सहित कुल 337 नकली किताबें जब्त कीं। स्टूडेंट्स और सरकार के साथ कर रहे धोखाधड़ी पुलिस ने स्टूडेंट्स और सरकार के साथ आर्थिक धोखाधड़ी कर सस्ते कागज पर छपी नकली किताबें बेचने के आरोप में दुकानदार वीरेंद्र गट्टानी को गिरफ्तार कर लिया। उसके खिलाफधोखाधड़ी और कॉपीराइट अधिनियम के तहत केस दर्ज किया है। मामले की गंभीरता को देखते हुए इसकी जांच सरदारपुरा थानाधिकारी जयकिशन सोनी स्वयं कर रहे हैं।
रोहतक में भाजपा जिलाध्यक्ष रणबीर ढाका एडवोकेट ने आज सांपला अनाज मंडी का दौरा किया। उन्होंने किसानों से गेहूं की खरीद और उठान संबंधी समस्याओं पर फीडबैक लिया। ढाका ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि किसानों को किसी प्रकार की दिक्कत न आने दी जाए और उनके सम्मान का पूरा ध्यान रखा जाए। इस दौरान उनके साथ मार्केट कमेटी सांपला के चेयरमैन और जिला उपाध्यक्ष उदयभान मलिक, जिला महामंत्री नितिन जैन, वाइस चेयरमैन बंसी लाल मक्कड़ और अन्य मंडल पदाधिकारी प्रमुख रूप से मौजूद रहे। किसानों का एक-एक दाना खरीदा जाएगा अनाज मंडी में की गई व्यवस्थाओं पर संतोष व्यक्त करते हुए, जिलाध्यक्ष रणबीर ढाका ने कहा कि हरियाणा सरकार किसान हितैषी है। उन्होंने आगे कहा, “मुख्यमंत्री नायब सैनी खुद किसान परिवार से ताल्लुक रखते हैं। किसानों का दाना-दाना खरीदा जाएगा।”
पूर्व मंत्री नवाब काजिम अली खान उर्फ नवेद मियां ने नई दिल्ली स्थित फिलिस्तीन दूतावास में आयोजित फिलिस्तीनी कैदी दिवस कार्यक्रम में भाग लिया। इस दौरान उन्होंने फिलिस्तीनी कैदियों के प्रति समर्थन और एकजुटता का संदेश दिया। यह जानकारी उनके मीडिया प्रभारी कासिफ खान ने जारी की। नवेद मियां को भारत में फिलिस्तीन के राजदूत अब्दुल्ला अबू शावेश द्वारा इस कार्यक्रम में शामिल होने का विशेष निमंत्रण दिया गया था। इस अवसर पर उन्होंने फिलिस्तीनी कैदी दिवस के महत्व को रेखांकित करते हुए कहा कि यह दिन वर्षों से इजरायली जेलों में बंद फिलिस्तीनी लोगों के संघर्ष और बलिदान की याद दिलाता है। नवेद मियां ने कहा कि फिलिस्तीनी कैदी दिवस हर वर्ष मनाया जाता है। इसका उद्देश्य दुनिया भर में लोगों को फिलिस्तीनी कैदियों की स्थिति से अवगत कराना और उनके प्रति सहानुभूति व समर्थन प्रकट करना है। उन्होंने कहा कि इस तरह के आयोजन वैश्विक स्तर पर मानवाधिकारों के मुद्दों को उजागर करने और न्याय की मांग को मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। इस कार्यक्रम में कतर, बहरीन, मिस्र, यमन, मोरक्को, मॉरिटानिया, जॉर्डन और सीरिया सहित कई देशों के राजदूतों ने भी हिस्सा लिया। इसके अतिरिक्त, अरब लीग के प्रतिनिधियों और भारत के विभिन्न क्षेत्रों से जुड़े गणमान्य व्यक्तियों की उपस्थिति ने कार्यक्रम को अंतरराष्ट्रीय स्वरूप प्रदान किया। नवेद मियां की इस भागीदारी को उनके समर्थक अंतरराष्ट्रीय मुद्दों पर उनकी संवेदनशीलता और सक्रियता के रूप में देख रहे हैं। यह कार्यक्रम न केवल कूटनीतिक दृष्टि से महत्वपूर्ण रहा, बल्कि वैश्विक एकजुटता और मानवाधिकारों के प्रति प्रतिबद्धता का भी संदेश देता है।

