पेट से निकली आधा किलो की पथरी, चंडीगढ़ में डॉक्टरों ने मूत्राशय की सर्जरी कर रचा इतिहास
चंडीगढ़ के जीएमएसएच-16 अस्पताल में 45 वर्षीय मरीज से 500 ग्राम की दुर्लभ विशाल मूत्राशय की पथरी सफलतापूर्वक निकाली गई है।
BPSC AEDO Exam 2026 बिहार में सहायक शिक्षा विकास पदाधिकारी (AEDO) भर्ती में नए अभ्यर्थियों को भी आवेदन का मौका मिलेगा। BPSC जल्द दिशा-निर्देश जारी करेगा और प्रारंभिक परीक्षा जनवरी में होने की संभावना है।
हाईकोर्ट ने पिता की मौत के करीब 21 साल बाद बेटे को अनुकंपा नियुक्ति देने के आदेश दिए हैं। एक्टिंग सीजे एसपी शर्मा और जस्टिस चन्द्रशेखर शर्मा की खंडपीठ ने यह आदेश उमेश सिंह की अपील पर दिए। अदालत ने सेन्ट्रल इलेक्ट्रोनिक्स इंजीनियरिंग रिसर्च इंस्टीट्यूट, पिलानी को आदेश दिए कि वह तुरंत प्रभाव से अनुकंपा नियुक्ति दें। अदालत ने कहा कि तकनीकी कारणों को अनुकंपा नियुक्ति से इनकार करने का आधार नहीं बनाया जा सकता। ऐसा करने से इस तरह की योजना का मूल उद्देश्य ही खत्म हो जाएगा, विशेष रूप से जब परिवार की अत्यधिक गरीबी साफ दिखाई दे रही हो। पिता की मौत के समय ढ़ाई साल का था बेटायाचिका में कहा गया था कि याचिकाकर्ता के पिता संस्थान में तकनीशियन के पद पर थे। नौकरी में रहने के दौरान 3 मार्च, 2005 को उनकी मौत हो गई। उस समय अपीलार्थी ढाई का बच्चा था। ऐसे में पूरे परिवार की जिम्मेदारी उसे दादा-दादी पर आ गई। वहीं बाद में दादा का भी निधन हो गया। अपीलार्थी के बालिग होने पर उसने तुरंत 27 जुलाई, 2020 को अनुकंपा नियुक्ति के लिए आवेदन किया, लेकिन संस्थान ने उसका आवेदन देरी के आधार पर खारिज कर दिया। परिवार की आर्थिक स्थिति ठीक नहींअपील में कहा गया कि संस्थान के अधिकारियों ने मौखिक रूप से आश्वासन दिया था कि बालिग होने पर उसे नौकरी देने पर विचार किया जाएगा। परिवार में पांच बहनों में से दो का विवाह हो चुका है और एक बहन दिव्यांग हैं। बहनों ने अपीलार्थी के लिए स्वयं नौकरी लेने से मना कर दिया था। ऐसे में उसे अनुकंपा नियुक्ति दिलाई जाए। जिसका विरोध करते हुए संस्थान के वकील ने कहा कि पन्द्रह साल बीतने के बाद अनुकंपा नौकरी पर विचार नहीं किया जा सकता। परिवार की आर्थिक स्थिति ठीक है और उन्हें पेंशन व ग्रेच्युटी भी मिली है। कर्मचारी की मौत के समय तीन बहने नौकरी के लिए योग्य थी, लेकिन उन्होंने आवेदन नहीं किया दोनों पक्षों को सुनने के बाद अदालत ने अपीलार्थी को अनुकंपा नियुक्ति देने के आदेश दिए हैं।
मथुरा जंक्शन रेलवे स्टेशन पर मंगलवार रात एक बड़ा रेल हादसा टल गया। चलती ट्रेन में चढ़ने की कोशिश कर रहे यात्री का अचानक पैर फिसल गया। वह ट्रेन के साथ करीब 20 मीटर तक घिसटता चला गया। यात्री को ट्रेन और प्लेटफॉर्म के बीच गिरने से पहले ड्यूटी पर तैनात जीआरपी के हेड कांस्टेबल सुरजीत कुमार ने दौड़कर पकड़ लिया और खींचकर सुरक्षित बाहर निकाल लिया। घटना का सीसीटीवी वीडियो बुधवार देर शाम सामने आया है। इसमें हेड कांस्टेबल यात्री को बचाने के लिए चलती ट्रेन के पीछे दौड़ते दिखाई दे रहे हैं। चलती ट्रेन में चढ़ने की कोशिश में फिसला पैर घटना मंगलवार रात करीब 10 बजे प्लेटफॉर्म नंबर-9 की है। ट्रेन संख्या 5045/5046 लालकुआं-राजकोट स्पेशल रवाना हो रही थी। इसी दौरान एक यात्री ट्रेन में चढ़ने की कोशिश कर रहा था। अचानक उसका पैर फिसल गया और वह ट्रेन के साथ घिसटने लगा। यात्री को गिरते देखकर प्लेटफॉर्म पर मौजूद लोगों में अफरा-तफरी मच गई। दो यात्रियों ने भी उसे बचाने की कोशिश की, लेकिन वे सफल नहीं हो सके। ट्रेन की रफ्तार के साथ दौड़े हेड कांस्टेबल यात्री की जान खतरे में देख ड्यूटी पर तैनात हेड कांस्टेबल सुरजीत कुमार तुरंत ट्रेन के पीछे दौड़े। उन्होंने सूझबूझ दिखाते हुए यात्री को पकड़ लिया और पूरी ताकत से ट्रेन से दूर खींच लिया। समय रहते यात्री को सुरक्षित निकाल लेने से वह ट्रेन और प्लेटफॉर्म के बीच आने से बच गया। हादसे में उसकी जान बच गई। CCTV में कैद हुआ पूरा घटनाक्रम मथुरा जंक्शन पर लगे CCTV कैमरे में पूरी घटना रिकॉर्ड हो गई। बुधवार देर शाम करीब 8 बजे इसका वीडियो सामने आया। वीडियो में हेड कांस्टेबल सुरजीत कुमार यात्री को बचाने के लिए ट्रेन के पीछे दौड़ते नजर आ रहे हैं। घटना के बाद प्लेटफॉर्म पर मौजूद यात्रियों ने जीआरपी कर्मी के साहस की सराहना की। जीआरपी थाना मथुरा जंक्शन के प्रभारी निरीक्षक प्रदीप कुमार ने बताया कि घटना मंगलवार देर रात की है। हेड कांस्टेबल की तत्परता से यात्री की जान बच गई। उन्होंने बताया कि मामले का CCTV वीडियो सामने आया है।
इंदौर के पलासिया इलाके में एक एक्टिवा सवार के साथ कार सवारों ने जमकर मारपीट कर दी। घटना का मंगलवार की है। मामले में पलासिया पुलिस ने एफआईआर करने के बजाय एनसीआर काटकर युवक को रवाना कर दिया। पलासिया पुलिस ने चंद्रभान सिंह यादव निवासी सैटेलाइट कॉलोनी देवास की शिकायत पर कार सवारों के खिलाफ मंगलवार को शिकायत दर्ज की है। युवक चंद्रभान ने बताया कि वह आंनद बाजार मार्केट के यहां अपने मालिक की दवाई लेने आया था। दवाई लेने के बाद अपनी एक्टिवा से जा रहा था। तभी पीछे से एक कार वाले ने टक्कर मार दी। उसे देखकर गाड़ी चलाने की बात की। इस बात पर वह गुस्सा हो गया। उसके साथियों के साथ मिलकर चंद्रभान के साथ मारपीट कर दी। मामले की शिकायत करने पलासिया थाने पहुंचा था।
मऊ के हलधरपुर थाना क्षेत्र के छिछोरे करौंदी गांव निवासी 29 वर्षीय सोनम चौहान की शिकायत पर कोर्ट के आदेश से पति समेत आठ ससुरालियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है। सोनम ने ससुरालियों पर दहेज के लिए प्रताड़ित करने, गाली-गलौज और मारपीट करने का आरोप लगाया है। न्यायिक मजिस्ट्रेट मऊ के आदेश के बाद हलधरपुर पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। शादी में दिए तीन लाख दस हजार रुपए और सामान सोनम के मुताबिक, उसकी शादी फरवरी 2024 में बलिया के फेफना थाना क्षेत्र के मिलकनवा अराजी रासिंगपुर निवासी श्यामू चौहान के साथ हिंदू रीति-रिवाज से हुई थी। शादी के दौरान उसके पिता ने वर पक्ष को तीन लाख दस हजार रुपये नकद और करीब एक लाख रुपये कीमत की मोटरसाइकिल दी थी। इसके अलावा फ्रिज, कूलर, पंखा, बेड, वाशिंग मशीन, बर्तन और अलमारी समेत अन्य घरेलू सामान भी दहेज में दिया गया था। शादी के एक महीने बाद शुरू हुई प्रताड़ना सोनम का आरोप है कि शादी के बाद करीब एक महीने तक ससुराल में सब कुछ ठीक रहा। इसके बाद उसकी सास ठगनी देवी, पति श्यामू चौहान, ससुर राम सागर चौहान, जेठ नमो नारायण उर्फ रामू और अरविंद, जेठानी सुनैना देवी व पुष्पा तथा देवर संजय का व्यवहार बदल गया। आरोप है कि सभी लोग सोनम पर मायके से पांच लाख रुपये और लाने का दबाव बनाने लगे। उसके पिता ने अतिरिक्त दहेज देने में असमर्थता जताई तो ससुरालियों ने उसके साथ गाली-गलौज और मारपीट शुरू कर दी। पंचायत के बाद भी नहीं सुधरे हालात सोनम के पिता ने कई बार ससुरालियों के साथ पंचायत कर मामले को सुलझाने का प्रयास किया। कुछ समय तक स्थिति ठीक रही, लेकिन इसके बाद फिर से सोनम के साथ अभद्रता और मारपीट शुरू हो गई। प्रताड़ना से परेशान होकर सोनम जून में अपने मायके आ गई। उसने ससुरालियों के खिलाफ थाने में तहरीर दी, लेकिन कार्रवाई नहीं हुई। इसके बाद 22 जून को उसने पुलिस अधीक्षक से भी शिकायत की। वहां से भी राहत नहीं मिलने पर उसने न्यायालय का दरवाजा खटखटाया। न्यायालय के आदेश पर आठ लोगों के खिलाफ मुकदमा न्यायालय के आदेश पर हलधरपुर पुलिस ने पति श्यामू चौहान, सास ठगनी देवी, ससुर राम सागर चौहान, जेठ नमो नारायण उर्फ रामू और अरविंद, जेठानी सुनैना चौहान व पुष्पा देवी तथा देवर संजय के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है। पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता की धारा 75(2), 85 और 115(2) तथा दहेज प्रतिषेध अधिनियम, 1961 की धारा 3 और 4 के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
किशोरी भगाने के आरोपी की पिटाई का वीडियो वायरल:मेरठ में पुलिस कार्रवाई पर उठे सवाल
मेरठ के जानी थाना क्षेत्र में एक किशोरी के अपहरण के आरोपी की पिटाई का वीडियो वायरल हुआ है। यह वीडियो पुराना बताया जा रहा है, लेकिन बुधवार को यह फिर से चर्चा में आ गया, जिससे पुलिस की कार्रवाई पर सवाल उठने लगे हैं। जानकारी के अनुसार, किशोरी को ले जाने के मामले में कुछ युवकों को भीड़ ने पकड़ा था। इस मामले में एक नामजद आरोपी को पुलिस ने गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। हालांकि, आरोप है कि किशोरी को अपनी गाड़ी से ले जाने वाले तालिब नामक युवक को पुलिस ने छोड़ दिया। इसी के बाद अब मारपीट का यह वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने से मामला फिर से गरमा गया है। वायरल वीडियो में कुछ लोग एक युवक को पकड़कर उसके साथ मारपीट करते दिखाई दे रहे हैं। स्थानीय स्तर पर इस वीडियो को लेकर तरह-तरह की चर्चाएं हैं। हालांकि, वीडियो कब और कहां बनाया गया, इसमें दिख रहा युवक वास्तव में किशोरी को भगाने के मामले से जुड़ा है या नहीं, और मारपीट की वास्तविक वजह क्या थी, इसकी आधिकारिक पुष्टि अभी नहीं हुई है। वीडियो सामने आने के बाद पुलिस की कार्रवाई को लेकर भी सवाल उठ रहे हैं, खासकर तालिब को आरोपों के बावजूद छोड़े जाने की बात चर्चा में है। जानी थाना पुलिस का कहना है कि वायरल वीडियो लगभग 15 दिन पुराना है और आरोपी के खिलाफ कार्रवाई की जा चुकी है। हालांकि, पुलिस की ओर से इस संबंध में कोई स्पष्ट आधिकारिक जानकारी सामने नहीं आई है। मामले में पुलिस की भूमिका, आरोपों की सच्चाई और वायरल वीडियो की वास्तविकता जांच के बाद ही पूरी स्थिति स्पष्ट हो सकेगी। फिलहाल, यह वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से प्रसारित हो रहा है और इसके चलते इलाके में मामले को लेकर चर्चाएं तेज हो गई हैं।
देवरिया में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के 29 अगस्त को प्रस्तावित मझौलीराज कार्यक्रम को लेकर प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं। बुधवार शाम करीब 5 बजे ग्राम्य विकास राज्यमंत्री विजयलक्ष्मी गौतम और डीएम मधुसूदन हुल्गी ने कार्यक्रम स्थल का निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया। इस दौरान भाटपाररानी विधायक सभाकुंवर समेत जनप्रतिनिधि और विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे। हेलीपैड से लेकर मंच-पंडाल तक का निरीक्षण डीएम ने कार्यक्रम स्थल पर हेलीपैड, मंच, पंडाल, पेयजल, शौचालय, स्वच्छता और साफ-सफाई समेत सभी व्यवस्थाओं की जानकारी ली। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिया कि सभी तैयारियां निर्धारित समय से पहले पूरी कर ली जाएं, ताकि कार्यक्रम में आने वाले लोगों को किसी तरह की परेशानी न हो। पार्किंग और यातायात व्यवस्था पर विशेष जोर जिलाधिकारी ने कार्यक्रम स्थल पर पर्याप्त पार्किंग व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि पार्किंग स्थल ऐसा हो, जहां वाहनों की आवाजाही सुचारु रहे और कार्यक्रम के दौरान जाम की स्थिति न बने। इसके साथ ही साफ-सफाई और आमजन की सुविधाओं का विशेष ध्यान रखने को कहा। हेलीपैड का काम जल्द पूरा करने के निर्देश डीएम ने हेलीपैड निर्माण से जुड़े कार्यों में भी तेजी लाने को कहा। उन्होंने अधिकारियों को सभी निर्माण और अन्य व्यवस्थाओं को समय-सीमा से पहले पूरा करने के निर्देश दिए, ताकि कार्यक्रम के दिन किसी तरह की अव्यवस्था न हो। जिम्मेदारियों की लगातार निगरानी के निर्देश जिलाधिकारी ने सभी संबंधित अधिकारियों को सौंपी गई जिम्मेदारियों का गंभीरता से निर्वहन करने को कहा। उन्होंने निर्देश दिया कि तैयारियों की लगातार निगरानी की जाए और सामने आने वाली कमियों को समय रहते दूर किया जाए। सुरक्षा और आमजन की सुविधा पर फोकस निरीक्षण के दौरान जनप्रतिनिधियों ने भी कार्यक्रम की तैयारियों को लेकर सुझाव दिए। प्रशासन की ओर से सुरक्षा, यातायात, पार्किंग और आमजन की सुविधा को ध्यान में रखते हुए व्यवस्थाएं की जा रही हैं। निरीक्षण के दौरान पुलिस अधीक्षक अभिजीत आर. शंकर, मुख्य विकास अधिकारी राजेश कुमार सिंह, लोक निर्माण विभाग के अधिशासी अभियंता, एसडीएम सलेमपुर, एसडीएम भाटपाररानी समेत विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।
Nepal Flood: यूपी के फंसे नागरिकों के लिए योगी सरकार ने जारी किया हेल्पलाइन नंबर 1070
यूपी सरकार ने नेपाल बाढ़ में फंसे प्रदेश के नागरिकों की मदद के लिए 1070 हेल्पलाइन नंबर जारी किया है। राहत आयुक्त कार्यालय दूतावासों से संपर्क कर सुरक्षित वापसी सुनिश्चित कर रहा है, सीमावर्ती जिलों में भी सतर्कता बढ़ाई गई है।
बलरामपुर जिले के वाड्रफनगर में ज्वेलरी दुकान का शटर तोड़कर लाखों रुपए के जेवर चोरी करने वाले आरोपियों को पुलिस ने बिहार से गिरफ्तार किया है। पुलिस ने रोहतास के 6 आरोपियों और चोरी के जेवर खरीदने वाले एक सुनार को पकड़ा है। उनके पास से करीब 39 लाख रुपए की चांदी बरामद की गई है। 16-17 अगस्त की दरम्यानी रात अज्ञात चोरों ने वाड्रफनगर में संचालित अरविंद ज्वेलर्स दुकान का शटर तोड़ा और अंदर घुसकर लाखों रुपए के सोने-चांदी के ज्वेलरी की चोरी कर फरार हो गए थे। पुलिस मोबाइल लोकेशन को ट्रेस कर आरोपियों तक पहुंच गई। जानकारी के मुताबिक, वाड्रफनगर में संचालित अरविंद ज्वेलर्स दुकान में घटना की रात आरोपी शटर तोड़कर घुसे थे। आरोपियों ने दुकान से नगदी और ज्वेलरी की चोरी की और डीवीआर भी खोलकर ले गए थे। दुकान के संचालक अरविंद सोनी ने करीब 20 किलो चांदी के जेवर, सोने का मंगलसूत्र सहित अन्य जेवर 50 ग्राम और नगदी चोरी की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। मोबाइल लोकेशन से मिला आरोपियों का सुराग मामले का खुलासा करते हुए बलरामपुर SP वैभव बैंकर ने बताया कि पुलिस मामले में साइबर सेल के साथ पुलिस की संयुक्त टीम गठित कर आरोपियों की खोजबीन की जा रही थी। पुलिस ने घटना की रात ज्वेलरी दुकान के क्षेत्र में सक्रिय मोबाइल नंबरों को ट्रेस किया। इसमें संदेहियों का मोबाइल लोकेशन घटनाक्षेत्र में होना पाया गया। पुलिस ने आरोपियों की पड़ताल शुरू की और रोहतास से सोनू कुमार चौधरी (21 वर्ष), शंकर चौधरी (55 वर्ष), नरेन्द्र चौधरी (40 वर्ष) लीलू चौधरी (19 वर्ष), राजकुमार चौधरी (20 वर्ष) अंगद चौधरी (24 वर्ष) को गिरफ्तार किया। आरोपियों की निशानदेही पर दिनारा, रोहतास से ज्वेलरी दुकान संचालक सुनील कुमार सोनी (38 वर्ष) को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने सुनील कुमार सोनी के पास से गलाई गई चांदी 14.175 किलो बरामद किया है। चोरी में प्रयुक्त पिकअप वाहन एवं बाइक को भी पुलिस ने जब्त किया है। जब्त चांदी की कीमत 39 लाख रुपये बताई गई है। उत्तरप्रदेश के रास्ते भागे थे आरोपी बलरामपुर SP ने बताया कि चोरी करने के लिए पकड़े गए 6 आरोपी पिकअप में सवार होकर आए थे और वे पिकअप में ही एक बाइक भी साथ लेकर पहुंचे थे। पिकअप वाहन को चोरों ने बाहर जंगल किनारे खड़ा कर दिया था। वे बाइक से बारी-बारी से वाड्रफनगर के ज्वेलरी दुकान के पास पहुंचे। शटर तोड़कर चोरी की वारदात को अंजाम देने के बाद वे बाइक से ही वापस पिकअप तक पहुंचे और रघुनाथगर से बैढ़न होते हुए उत्तरप्रदेश पहुंचे। वहां से वे रोहतास तक पहुंचे थे। आरोपियों ने चोरी की ज्वलेरी सोनार को बेच दी थी। नगद पैसा मिलने पर वे घूमने निकल गए थे। नागरिकों ने किया पुलिस का सम्मान बलरामपुर पुलिस की इस सफलता के लिए वाड्रफनगर के नगरवासी एवं व्यवसाययों ने एसपी वैभव बैंकर, एएसपी विश्व दीपक त्रिपाठी सहित सभी पुलिस अधिकारी-कर्मचारियों को पुष्प गुच्छ एवं मोमेंटो देकर सम्मानित किया गया। मामले की जांच में बसंतपुर थाना प्रभारी जितेन्द्र सोनी, थाना प्रभारी चलगली एवं साइबर सेल की संयुक्त टीम जुटी थी।
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने बुधवार को भिंड के औद्योगिक क्षेत्र मालनपुर में गोदरेज कंज्यूमर प्रोडक्ट्स लिमिटेड की चौथी नई यूनिट का शुभारंभ किया। कंपनी ने यहां 450 करोड़ रुपए से अधिक का निवेश किया है। जिले में अब एशिया की सबसे बड़ी साबुन फैक्ट्री स्थापित हो गई है। सीएम डॉ. मोहन यादव ने कहा कि अतीत में भिंड ने खराब पक्ष भी देखा है। लेकिन, आज ये पूरा अंचल बदल गया है। पीएम मोदी के नेतृत्व में प्रदेश-देश बदल रहा है। भिंड तो पूरी तरह एक अलग ही प्रकार का क्षेत्र है। यहां तो हनुमान जी भी डॉक्टर के रूप में रहते हैं। उन्होंने कहा कि आज इस चंबल की भूमि उपजाऊ भी है। टिकाऊ भी है और कमाऊ भी है। दो महीने से भी कम समय में प्रदेश में खुलने वाली यह तीसरी यूनिट है। इससे पहले 1500 करोड़ का गुना सीमेंट प्लांट और 3500 करोड़ का शिवपुरी प्लांट स्थापित हो चुके हैं। इस अवसर पर विधानसभा अध्यक्ष नरेंद्र सिंह तोमर ने कहा कि मुख्यमंत्री के नेतृत्व में प्रदेश में लगातार निवेश आ रहा है। पहले चंबल को देश का पिछड़ क्षेत्र माना जाता था। अब यहां धीरे-धीरे औद्योगिक निवेश बढ़ रहा है। तस्वीरें देखें… CM बोले-मच्छर कहीं भी हों, गुडनाइट भिंड से जाएगा सीएम ने कहा कि हमने केवल एमओयू नहीं किए, बल्कि उन्हें धरातल पर उतारा। आज यहां स्थापित होने वाली इंडस्ट्री एशिया का सबसे बड़ा साबुन का उद्योग है। यहां प्रति मिनट 4000 साबुन बनेंगे। देश में मच्छर कहीं भी होंगे। लेकिन गुडनाइट भिंड से ही जाएगा। मुख्यमंत्री ने आगे कहा कि गोदरेज ने लोगों के मन में विश्वास कायम किया है। हर घर में गोदरेज की अलमारी होती है। लोग अलमारी को ही गोदरेज बोलते थे। पता ही नहीं था कि गोदरेज के अलावा भी कोई दूसरी अलमारी होती है। उन्होंने कहा कि व्यावसायिक घरानों के माध्यम से कई घरों में रोशनी होती है। सुख-समृद्धि का मार्ग निकलता है। आज 450 करोड़ की नई सौगात मिल रही है। मेड-इन-एमपी और फेथ-इन-एमपी की मिसाल तैयार हो रही है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि मैं 8-10 महीने पहले यहां आया था। उस वक्त भी मैंने 1500 करोड़ की लागत के एलिक्सर इंडस्ट्रीज के प्लांट का भूमि-पूजन किया था। इसका लोकार्पण भी हम जल्दी करेंगे। अलग पहचान बना रहा चंबल क्षेत्र सीएम ने कहा कि कहा कि भोपाल में जीआईएस से पहले हमारी सरकार ने रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव कर प्रदेश के अलग-अलग क्षेत्रों में औद्योगिक विकास की संभावनाएं तलाशी थीं। इसी आधार पर ग्वालियर में टेलीकॉम सेक्टर की सबसे बड़ी यूनिट स्थापित की जाएगी। यहां टेलीकॉम मैन्यूफैक्चरिंग जोन (टीएमजेड) के माध्यम से ग्वालियर अंचल बदलेगा। चंबल बेल्ट में कभी दस्यु समस्या थी, लेकिन अब ग्वालियर-चंबल क्षेत्र निवेश, उद्योग और रोजगार के लिए अपनी पहचान बना रहा है। हजारों लोगों के घरों में सुबह का सबेरा आएगा। सीएम बोले- प्रदेश में बेरोजगारी दर सबसे कम मुख्यमंत्री ने कहा कि गोदरेज समूह मालनपुर में अपनी पांचवीं यूनिट भी जल्द शुरू करेगा। गोदरेज समूह को भिंड जिले में स्थानीय स्तर पर कर्मचारियों के कौशल विकास के लिए प्रशिक्षण कार्यक्रम की शुरुआत करनी चाहिए। उन्होंने कहा कि जीआईएस 2027 जनवरी माह में आयोजित होगी। प्रधानमंत्री मोदी एक बार फिर इसका शुभारंभ करेंगे। हमारी सरकार मध्यप्रदेश को देश का अग्रणी राज्य बनाने के लिए निरंतर प्रयास कर रही है। राज्य में तेज गति से आ रहे निवेश से रोजगार के अवसर उपलब्ध हो रहे हैं। मध्यप्रदेश में बेरोजगारी दर सबसे कम है।
पंजाब कांग्रेस ने चंडीगढ़ में चीनी सहित आवश्यक वस्तुओं की बढ़ती कीमतों के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन किया। पुलिस ने प्रदर्शनकारियों पर पानी की बौछारें कीं।
बाड़मेर नगर परिषद के 55 वार्डों में पार्षद पद के चुनाव के लिए नामांकन प्रक्रिया गुरुवार (27 अगस्त) से शुरू होगी। अभ्यर्थी या उनके प्रस्थापक 27 से 31 अगस्त तक सुबह 10:30 बजे से दोपहर 3 बजे तक नामांकन पत्र दाखिल कर सकेंगे। रविवार और रक्षाबंधन के दिन छुट्टी रहेगी। राज्य निर्वाचन आयोग की ओर से जारी नगरीय निकाय चुनाव कार्यक्रम के तहत गुरुवार को नगर परिषद बाड़मेर के चुनाव के लिए लोक सूचना जारी की जाएगी। रिटर्निंग अधिकारी एवं उपखंड मजिस्ट्रेट भवानी सिंह ने बताया कि नगर परिषद बाड़मेर के वार्ड संख्या 1 से 55 तक पार्षद पद के लिए चुनाव कराया जाएगा। नगर परिषद के 55 वार्डों को नामांकन के लिए दो भागों में बांटा गया है। 1 सितंबर को होगी नामांकन पत्रों की जांचनामांकन पत्रों की जांच 1 सितंबर को सुबह 11 बजे रिटर्निंग अधिकारी एवं उपखंड मजिस्ट्रेट बाड़मेर के कार्यालय में की जाएगी। अभ्यर्थी 3 सितंबर को दोपहर 3 बजे से पहले अपना नामांकन वापस ले सकेंगे। नाम वापसी की सूचना अभ्यर्थी को व्यक्तिगत रूप से रिटर्निंग अधिकारी को देनी होगी। इसके बाद 9 सितंबर को मतदान कराया जाएगा। कलेक्ट्रेट परिसर में रहेगी विशेष व्यवस्थानामांकन प्रक्रिया के दौरान कानून एवं यातायात व्यवस्था बनाए रखने के लिए कलेक्ट्रेट परिसर में विशेष व्यवस्था की गई है। उपखंड कार्यालय बाड़मेर से तहसील बाड़मेर ग्रामीण कार्यालय तक बैरिकेडिंग की जाएगी। नामांकन प्रक्रिया में आने वाले वकीलों और कार्यरत कार्मिकों के वाहनों के लिए सांख्यिकी कार्यालय बाड़मेर के पास पार्किंग की व्यवस्था रहेगी। वहीं आमजन और अन्य आगंतुकों के वाहनों के लिए महावीर पार्क के पास और महावीर पार्क के पीछे पार्किंग की व्यवस्था की गई है।
पैगंबर हजरत मोहम्मद साहब के यौम-ए-पैदाइश के मौके पर मनाए जाने वाले पर्व बारावफात (ईद-ए-मिलाद-उन-नबी) के अवसर पर मंगलवार, 26 अगस्त को त्रिवेदीगंज स्थित बारा के जहान बाबा मजार परिसर में एक भव्य मेले का आयोजन किया गया। सुबह से ही मजार परिसर में श्रद्धालुओं का आना-जाना शुरू हो गया था। दोपहर तक हजारों की संख्या में लोग मेले में पहुंचे। इस मेले में हिंदू-मुस्लिम सहित सभी समुदायों के लोगों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया, जो क्षेत्र की गंगा-जमुनी तहजीब की मिसाल पेश करता है। जायरीनों ने मजार परिसर में चादरपोशी की और देश में अमन-चैन तथा भाईचारे के लिए दुआएं मांगीं। मेले में बच्चों के लिए खिलौने, चाट-फुल्की, जलेबी और अन्य खाने-पीने के स्टॉल लगाए गए थे। महिलाओं और बच्चों में मेले को लेकर विशेष उत्साह देखा गया। पूरे मजार परिसर को रंग-बिरंगी रोशनियों और झंडियों से सजाया गया था। इससे पहले सुबह ललाईखेड़ा, मंगलपुर और लोनी कटरा सहित विभिन्न गांवों से जुलूस-ए-मोहम्मदी जहान बाबा की मजार पहुंचा। जुलूस के मजार पहुंचने के बाद मेले का विधिवत शुभारंभ हुआ। सुरक्षा व्यवस्था के मद्देनजर लोनी कटरा पुलिस मौके पर मुस्तैद रही। मेला कमेटी के पदाधिकारियों ने व्यवस्था संभालने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। पूरा मेला रात 8 बजे शांतिपूर्ण और सौहार्दपूर्ण वातावरण में संपन्न हुआ।
मेरठ के सहकारी डेयरी प्रशिक्षण संस्थान एवं शोध केंद्र की प्रिंसिपल वंदना सिंह की गिरफ्तारी ने विभागीय भ्रष्टाचार की पुरानी फाइलों को भी फिर खोल दिया है। ठेकेदार अमित सिवाच से 3.85 लाख रुपये का बिल पास करने के एवज में 1.50 लाख रुपये रिश्वत मांगने और सोमवार को 1.35 लाख रुपये लेते रंगेहाथ पकड़े जाने के बाद मंगलवार को वंदना सिंह को कोर्ट में पेश किया गया। अदालत ने उन्हें 14 दिन की न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया। गिरफ्तारी के साथ ही वर्ष 2021 में उनके खिलाफ की गई भ्रष्टाचार की शिकायत भी चर्चा में आ गई है। आरोप है कि उस शिकायत में गगोल सहकारी दुग्ध उत्पादक संघ में वित्तीय अनियमितताओं और फर्जी बिलों के जरिए करोड़ों रुपये के कथित घोटाले की जांच की मांग की गई थी, लेकिन कार्रवाई के नाम पर खानापूर्ति कर मामला दबा दिया गया। 3.85 लाख का बिल, 1.50 लाख की डिमांडगंगानगर निवासी अमित सिवाच सहकारी डेयरी प्रशिक्षण संस्थान एवं शोध केंद्र में कैंटीन ठेकेदार हैं। उनकी कैंटीन में शोध केंद्र आने वाले किसानों के लिए भोजन उपलब्ध कराया जाता है। अमित के मुताबिक जुलाई का उनका करीब 3.85 लाख रुपये का बिल विभाग में भुगतान के लिए लगा था। आरोप है कि बिल पास करने के एवज में प्रिंसिपल वंदना सिंह ने 1.50 लाख रुपये की रिश्वत मांगी।अमित का कहना है कि उन्होंने अपनी आर्थिक स्थिति का हवाला देते हुए रकम कम करने की काफी कोशिश की, लेकिन बात नहीं बनी। विभागीय अकाउंटेंट पर भी रिश्वत के लिए दबाव बनाने का आरोप लगाया गया है। परेशान होकर अमित ने शिकायत की। पहले मामला सीबीआई तक पहुंचा, लेकिन संस्थान केंद्र सरकार के अधीन नहीं होने के कारण ट्रैप की कार्रवाई एंटी करप्शन टीम को सौंप दी गई। ड्रॉज में रखे रुपये, तभी पहुंच गई टीमसोमवार दोपहर अमित सिवाच 1.35 लाख रुपये लेकर वंदना सिंह से मिले। आरोप है कि रकम देने के बाद वंदना सिंह ने रुपये अपनी ड्रॉज में रख लिए। इसी दौरान पहले से तैयार एंटी करप्शन टीम ने मौके पर पहुंचकर कार्रवाई शुरू कर दी। ड्रॉज से रुपये बरामद होने पर वंदना सिंह ने रकम के संबंध में अनभिज्ञता जताई।वह बोलीं- उन्हें नहीं पता कि रुपये वहां कहां से आए और किसने रखे। इसके बाद टीम ने उनके हाथ धुलवाए। कार्रवाई के दौरान पानी का रंग बदल गया। टीम वंदना सिंह को परतापुर थाने लेकर पहुंची और उनके खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया। 16 जुलाई को संभाला था चार्जअमित सिवाच के मुताबिक उन्हें कैंटीन का ठेका एक मई से मिला था। मई का बिल जून और जून का बिल जुलाई में तत्कालीन महिला अधिकारी डॉ. दुर्गेश ने बिना किसी सुविधा शुल्क के पास किया था। अमित के अनुसार, 16 जुलाई को वंदना सिंह ने प्रिंसिपल का चार्ज संभाला और इसके चार दिन बाद यानी 20 जुलाई को उनके सामने बिल से संबंधित प्रस्ताव रखा गया।अमित का आरोप है कि इसी दौरान उनसे बिल की रकम के मुकाबले करीब 70 प्रतिशत तक सुविधा शुल्क देने का दबाव बनाया गया। उन्होंने इतनी रकम देने से इनकार कर दिया। इसके बाद रिश्वत की मांग और दबाव का सिलसिला चलता रहा। 2021 की शिकायत ने फिर उठाए सवालवंदना सिंह की गिरफ्तारी के बाद अब वर्ष 2021 में उनके खिलाफ की गई शिकायत भी सामने आई है। अमित का कहना है कि उन्होंने वंदना सिंह के बारे में जानकारी जुटाई तो पता चला कि वह पहले भी भ्रष्टाचार के आरोपों से घिर चुकी हैं। ग्राम लालपुर निवासी नीरज चौधरी ने पीसीडीएफ लिमिटेड के प्रबंध निदेशक को शिकायत भेजकर गगोल सहकारी दुग्ध उत्पादक संघ लिमिटेड मेरठ में कथित वित्तीय घोटाले की जांच की मांग की थी।शिकायत में आरोप लगाया गया था कि विभागीय स्तर पर फर्जी बिल पास कराकर बड़े पैमाने पर वित्तीय अनियमितताएं की गईं। शिकायतकर्ता ने पूरे मामले की जांच और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की थी। करोड़ों के घोटाले का आरोप, रिकवरी के नाम पर खानापूर्तिपुरानी शिकायत में आरोप लगाया गया था कि वंदना सिंह ने एक विभागीय अधिकारी के साथ मिलकर कथित तौर पर फर्जी बिल पास कराए और करोड़ों रुपये की अनियमितता को अंजाम दिया। बाद में शिकायत होने पर कार्रवाई के बजाय रिकवरी के नाम पर औपचारिकता पूरी कर मामले को दबा दिए जाने का आरोप है।शिकायत में तत्कालीन ठेकेदार की कंपनी को लेकर भी सवाल उठाए गए थे। आरोप था कि कागजों में जिस कंपनी को ठेका दिया गया, वह वास्तव में विभागीय अधिकारी के रिश्तेदार की कंपनी थी। हालांकि इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है और पुरानी शिकायत पर विभागीय जांच की वास्तविक स्थिति भी स्पष्ट होना बाकी है। पुरानी फाइल और नई गिरफ्तारी ने बढ़ाई हलचलएक तरफ एंटी करप्शन टीम ने वर्तमान मामले में कार्रवाई कर प्रिंसिपल को जेल भेज दिया है, वहीं दूसरी तरफ पुरानी शिकायत का सामने आना विभाग के लिए असहज करने वाला है। सबसे बड़ा सवाल यही है कि यदि वर्ष 2021 में भ्रष्टाचार और वित्तीय अनियमितताओं को लेकर शिकायत हुई थी तो उसकी जांच का निष्कर्ष क्या निकला और कार्रवाई क्यों नहीं हुई।अब वंदना सिंह की गिरफ्तारी के बाद विभागीय स्तर पर पुरानी शिकायत से जुड़े दस्तावेजों और कार्रवाई की फाइल की भी जांच की मांग उठने लगी है। हालांकि वर्ष 2021 की शिकायत में लगाए गए आरोपों को लेकर संबंधित पक्ष का वर्तमान पक्ष सामने नहीं आया है। एंटी करप्शन कोर्ट ने भेजा जेलएंटी करप्शन टीम की कार्रवाई के बाद वंदना सिंह के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया। मंगलवार को उन्हें कोर्ट में पेश किया गया, जहां से अदालत ने 14 दिन की न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया। अब वर्तमान रिश्वत प्रकरण की जांच के साथ पुरानी शिकायत में लगाए गए आरोपों की स्थिति भी महत्वपूर्ण हो गई है।हालांकि, वंदना सिंह पर लगाए गए पुराने और वर्तमान आरोपों पर अंतिम निष्कर्ष जांच और न्यायिक प्रक्रिया पूरी होने के बाद ही सामने आएगा।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बुधवार शाम करीब 6 बजे लखनऊ स्थित आवास पर गोंडा के सातों भाजपा विधायकों और जिलाध्यक्ष के साथ समीक्षा बैठक की। करीब बैठक में जिले के विकास कार्यों, कानून व्यवस्था, आगामी परियोजनाओं और बाढ़ की स्थिति को लेकर चर्चा हुई। बैठक में मनकापुर विधायक रमापति शास्त्री, तरबगंज विधायक प्रेम नारायण पांडेय, कटरा बाजार विधायक बावन सिंह, गौरा विधायक प्रभात वर्मा, गोंडा सदर विधायक प्रतीक भूषण सिंह, मेहनौन विधायक विनय कुमार द्विवेदी, करनैलगंज विधायक अजय कुमार सिंह और भाजपा जिलाध्यक्ष अकबाल बहादुर तिवारी मौजूद रहे। विधायकों ने सीएम को सौंपे मांग पत्र मुख्यमंत्री ने विधायकों से उनके विधानसभा क्षेत्रों में चल रहे विकास कार्यों की जानकारी ली और आगामी परियोजनाओं को लेकर सुझाव मांगे। विधायकों ने अपने-अपने क्षेत्रों की जरूरतों से संबंधित मांग पत्र भी मुख्यमंत्री को सौंपे। मनकापुर विधायक रमापति शास्त्री ने वजीरगंज में राजकीय कन्या इंटर कॉलेज के निर्माण और मनकापुर रेलवे क्रॉसिंग पर ओवरब्रिज बनाने की मांग रखी। इसके साथ ही उन्होंने सड़क निर्माण समेत कई अन्य विकास कार्यों के प्रस्ताव भी दिए। तरबगंज विधायक प्रेम नारायण पांडेय ने महर्षि पतंजलि की जन्मस्थली कोड़र में राजकीय एकीकृत आयुष चिकित्सा महाविद्यालय एवं चिकित्सालय बनाने की मांग की। उन्होंने क्षेत्र की सड़कों और अन्य विकास कार्यों को लेकर भी मांग पत्र सौंपा। गोंडा सदर विधायक प्रतीक भूषण सिंह, गौरा विधायक प्रभात कुमार वर्मा, करनैलगंज विधायक अजय कुमार सिंह और कटरा बाजार विधायक बावन सिंह ने भी अपने-अपने क्षेत्रों में सड़क निर्माण सहित अन्य विकास कार्यों की मांग मुख्यमंत्री के सामने रखी। मेहनौन विधायक विनय कुमार द्विवेदी ने बाबा पृथ्वीनाथ मंदिर को पर्यटन स्थल के रूप में विकसित करने और विसुही नदी पर पुल निर्माण की मांग की। उन्होंने बताया कि पुल नहीं होने से लोगों को आवागमन में काफी परेशानी होती है। तरबगंज और करनैलगंज की बाढ़ पर ली जानकारी बैठक में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने तरबगंज विधायक प्रेम नारायण पांडेय और करनैलगंज विधायक अजय कुमार सिंह से उनके क्षेत्रों में बाढ़ की स्थिति की जानकारी ली। उन्होंने बाढ़ प्रभावित इलाकों की स्थिति और लोगों को मिल रही राहत के बारे में भी जानकारी ली। मुख्यमंत्री ने जल्द ही गोंडा के बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों का दौरा करने का आश्वासन दिया। उन्होंने बाढ़ पीड़ितों को हर संभव मदद उपलब्ध कराने की बात कही। बैठक के बाद गोंडा के विकास कार्यों को लेकर जनप्रतिनिधियों में भी उम्मीद जगी है।
संभल में दो युवकों की मौत:बाइक को ट्रैक्टर-ट्राली ने टक्कर मारी, CCTV में घटना कैद हुई
संभल में ईद मिलादुन्नबी का जुलूस देखने बदायूं के इस्लामनगर जा रहे दो युवकों की सड़क हादसे में मौत हो गई। बुधवार शाम करीब 7 बजे संभल कोतवाली क्षेत्र में मुरादाबाद रोड स्थित वाजिदपुरम के पास उनकी बाइक को पीछे से आ रही ट्रैक्टर-ट्रॉली ने टक्कर मार दी। हादसे में दोनों युवक ट्रैक्टर-ट्रॉली के नीचे दब गए। पुलिस ने उन्हें बाहर निकालकर जिला संयुक्त चिकित्सालय पहुंचाया, जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। ट्रैक्टर-ट्रॉली के नीचे दबे दोनों युवक हादसे का सीसीटीवी फुटेज भी सामने आया है। फुटेज में ट्रैक्टर-ट्रॉली बाइक को टक्कर मारती दिखाई दे रही है। इसके बाद दोनों युवक ट्रैक्टर-ट्रॉली की चपेट में आ गए। सूचना पर पहुंची पुलिस ने दोनों को वाहन के नीचे से बाहर निकाला, लेकिन उनकी मौत हो चुकी थी। पुलिस ने बाइक नंबर UP 38 Z 1097 के आधार पर मृतकों की पहचान की और परिजनों को सूचना दी। रिश्तेदार थे दोनों युवक मृतकों की पहचान बदायूं के इस्लामनगर निवासी 22 वर्षीय मुनाजिर पुत्र सब्बू उर्फ लियाकत अली और संभल के हजरतनगर गढ़ी थाना क्षेत्र के मखदुमपुर गांव निवासी 20 वर्षीय शारिक पुत्र यामीन के रूप में हुई है। जानकारी के अनुसार, मुनाजिर मंगलवार शाम अपनी भाभी साजिया पत्नी राहत को लेकर मखदुमपुर गांव आया था। बुधवार शाम करीब 6 बजे वह अपने भाई के साले शारिक के साथ बाइक से इस्लामनगर में ईद मिलादुन्नबी का जुलूस देखने के लिए निकला था। रास्ते में वाजिदपुरम के पास हादसा हो गया। पोस्टमार्टम के लिए भेजे गए शव थाना प्रभारी मोहित चौधरी ने बताया कि ट्रैक्टर-ट्रॉली ने बाइक को पीछे से टक्कर मारी थी। घटना का सीसीटीवी फुटेज पुलिस को मिल गया है। दोनों शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। मामले में आगे की कार्रवाई की जा रही है।
लखनऊ के गोयल ग्रुप ऑफ इंस्टीट्यूशंस के ऑडिटोरियम में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की ओर से बुधवार को ‘नवोन्मेष’ विषय पर विशेष कार्यक्रम आयोजित किया गया। इसमें छात्र-छात्राओं, शिक्षकों और अतिथियों ने भाग लिया। कार्यक्रम का उद्देश्य युवाओं में नई सोच, रचनात्मकता और नवाचार की भावना को बढ़ावा देना रहा। कार्यक्रम की शुरुआत भारत माता पूजन और दीप प्रज्ज्वलन से हुई। इसके बाद कार्यक्रम दो सत्रों में चला। पहले सत्र में विद्यार्थियों के साथ संवाद और प्रश्नोत्तर हुआ, जबकि दूसरे सत्र में बौद्धिक चर्चा के जरिए युवाओं का मार्गदर्शन किया गया। नवाचार और नई सोच को अपनाने की अपील की मुख्य वक्ता आरएसएस उत्तर प्रदेश पूर्वी क्षेत्र के सह प्रचार प्रमुख मनोजकांत रहे। उन्होंने विद्यार्थियों के सवालों के जवाब दिए। समानता, मातृशक्ति सशक्तीकरण, पेपर लीक और ए. आई जैसे विषयों पर भी चर्चा हुई। कार्यक्रम की अध्यक्षता जीआईएचएस महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. संतोष पांडेय ने की। उन्होंने युवाओं से व्यक्तित्व विकास के साथ नवाचार और नई सोच को अपनाने की अपील की। राष्ट्रहित में योगदान देने के लिए प्रेरित किया विशेष संवाद सत्र में राष्ट्र निर्माण, सामाजिक समरसता, शिक्षा, तकनीक और युवाओं की भूमिका पर विचार-मंथन हुआ। प्रश्नोत्तर के माध्यम से विद्यार्थियों को इन विषयों पर नए दृष्टिकोण मिले और राष्ट्रहित में योगदान देने के लिए प्रेरित किया गया।कार्यक्रम में डॉ. करुणा शंकर शुक्ला, निदेशक जीआईपीएस न्यू, डॉ. ओम प्रकाश वर्मा, निदेशक जीआईपीएस ओल्ड, डॉ. जैनेंद्र वर्मा, प्राचार्य गोयल डिप्लोमा, डॉ. एसके शुक्ला, चीफ प्रॉक्टर, भाग प्रचारक आशुतोष, युवराष्ट्र प्रांतीय टोली सदस्य सुमित, कार्यक्रम संयोजक शिव कुमार त्रिपाठी, अविनाश, शिवांश और श्रवण मौजूद रहे।
नेपाल में फंसे UP के लोगों की मदद के लिए योगी सरकार सतर्क, जारी किया हेल्प लाइन नंबर
उत्तर प्रदेश सरकार ने नेपाल में बाढ़ में फंसे अपने नागरिकों की सहायता के लिए एक हेल्पलाइन नंबर जारी किया है। फंसे हुए लोग या उनके परिजन तत्काल 1070 पर संपर्क कर सकते हैं ताकि हर संभव मदद मिल सके।
मऊगंज जिले के ग्राम तारी मजरा में शाम करीब 6:30 बजे एक तेज रफ्तार कार ने महिला को टक्कर मार दी, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गईं। हादसे के बाद कार चालक गाड़ी समेत मौके से फरार हो गया। घर के सामने मवेशी हांकते समय हुआ हादसा सुशीला कुशवाहा (40) अपने घर के सामने सड़क किनारे मवेशियों को हांक रही थीं। इसी दौरान महेवा की तरफ से आ रही तेज रफ्तार सफेद कार (MP17ZT1922) ने उन्हें पीछे से टक्कर मार दी। हादसे में सुशीला के सिर, कमर और पैर में गंभीर चोटें आई हैं। चालक वाहन सहित मौके से भागा परिजन और स्थानीय लोग घायल महिला को तुरंत सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र नईगढ़ी लेकर पहुंचे। आरोप है कि कार चालक दीपक गौतम (निवासी रोझौऊ) दुर्घटना के बाद वाहन सहित मौके से भाग निकला। पुलिस ने दर्ज किया केस घायल महिला ने थाने पहुंचकर आरोपी चालक के खिलाफ लापरवाही से वाहन चलाने की रिपोर्ट दर्ज कराई। नईगढ़ी थाना पुलिस ने मामला कायम कर आरोपी की तलाश और जांच शुरू कर दी है।
इलाहाबाद हाईकोर्ट की लखनऊ खंडपीठ ने अंबेडकरनगर के प्रेस क्लब के नवीनीकरण और विस्तार के लिए दिए गए 1.17 करोड़ रुपये के ठेके को रद्द करने से इनकार कर दिया है। न्यायालय ने निविदा प्रक्रिया में गंभीर खामी पाई, विशेषकर ठेकेदार को पहले अयोग्य ठहराने और बाद में योग्य मानने की जानकारी शिकायतकर्ता को न देने पर आपत्ति जताई। हालांकि, खंडपीठ ने कहा कि यह ठेका छह माह में पूरा होना है और दो माह से अधिक समय से निर्माण कार्य जारी है। ऐसे में, अब ठेका रद्द करने या काम रोकने से सार्वजनिक परियोजना प्रभावित होगी, जो जनहित में नहीं है। यह महत्वपूर्ण आदेश न्यायमूर्ति शेखर बी. सराफ और न्यायमूर्ति अवधेश कुमार चौधरी की खंडपीठ ने 21 अगस्त को रंजना पांडेय की याचिका पर दिया। याचिकाकर्ता रंजना पांडेय ने आरोप लगाया था कि सह-निविदाकार एमएस जय प्रकाश वर्मा ने ग्रामीण अभियंत्रण विभाग में चल रहे 3.72 लाख रुपये के कार्य की जानकारी छिपाई। इससे उनकी बोली क्षमता अधिक दिखाई गई। स्थानीय निविदा मूल्यांकन समिति ने 22 अप्रैल को इस शिकायत को सही मानते हुए वर्मा की बोली को गैर-उत्तरदायी घोषित कर दिया था। बाद में, मुख्यालय निविदा निस्तारण समिति ने इस मामले को पुनर्विचार के लिए स्थानीय समिति के पास भेजा। पुनर्विचार के बाद, संबंधित ठेकेदार को तकनीकी रूप से योग्य माना गया और 30 मई को परिणाम पोर्टल पर अपलोड किया गया। इसके बाद 8 जून को लेटर ऑफ एक्सेप्टेंस जारी हुआ और 10 जून को ठेका दे दिया गया। याचिकाकर्ता का कहना था कि पुनर्विचार में ठेकेदार को योग्य ठहराए जाने की जानकारी उन्हें नहीं दी गई। उन्हें इसकी जानकारी वित्तीय बोली खुलने के बाद मिली। न्यायालय ने स्वीकार किया कि इस बदलाव के कारणों की जानकारी याचिकाकर्ता को दी जानी चाहिए थी। हालांकि, सुप्रीम कोर्ट द्वारा निविदा मामलों में तय सिद्धांतों और व्यापक जनहित को देखते हुए, न्यायालय ने ठेका रद्द करने, वित्तीय बोली खोलने की कार्रवाई निरस्त करने अथवा निर्माण कार्य रोकने से इनकार कर दिया।
देवरिया में अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के राष्ट्रीय सचिव और उत्तर प्रदेश के सह प्रभारी अभिषेक दत्त ने बुधवार को टाउन हॉल स्थित कांग्रेस कार्यालय में प्रेसवार्ता कर भाजपा सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने महंगाई, पेट्रोल-डीजल की कीमतों, चीनी मिलों और राम मंदिर से जुड़े मुद्दों पर सरकार से जवाब मांगा। इसके बाद उन्होंने कांग्रेस पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं के साथ बैठक कर संगठन को बूथ स्तर तक मजबूत करने का संदेश दिया। महंगाई और ईंधन की कीमतों पर सवाल अभिषेक दत्त ने कहा कि महंगाई का सीधा असर आम लोगों की जेब पर पड़ रहा है। उन्होंने दोपहिया वाहन चालकों के बढ़ते खर्च का मुद्दा उठाते हुए वाहनों के औसत माइलेज में कमी का दावा किया। उन्होंने सवाल किया कि ईंधन और परिवहन से जुड़े बढ़ते खर्च का लाभ आखिर किसे मिल रहा है। चीनी मिलों और किसानों की स्थिति पर मांगा जवाब कांग्रेस नेता ने देवरिया को चीनी मिलों का क्षेत्र बताते हुए कहा कि जिले में कई चीनी मिलों की स्थापना कांग्रेस सरकारों के कार्यकाल में हुई थी। उन्होंने आरोप लगाया कि वर्तमान सरकार के कार्यकाल में चीनी मिलों को बेचा जा रहा है। दत्त ने सरकार से चीनी मिलों और किसानों की स्थिति पर स्पष्ट जवाब देने की मांग की। उन्होंने कहा कि कांग्रेस किसानों से जुड़े मुद्दों को लगातार उठाती रहेगी। राम मंदिर से जुड़े पुराने आरोप भी उठाए अभिषेक दत्त ने राम मंदिर निर्माण से जुड़े पुराने राजनीतिक आरोपों का भी जिक्र किया। उन्होंने मंदिर निर्माण के लिए जमीन की खरीद और कथित कमीशन से संबंधित आरोपों पर भाजपा से स्थिति स्पष्ट करने की मांग की। उन्होंने कहा कि जनता के सामने पूरे तथ्यों को रखा जाना चाहिए। बूथ स्तर तक संगठन मजबूत करने पर जोर प्रेसवार्ता के बाद अभिषेक दत्त ने जिला कांग्रेस कार्यालय में पदाधिकारियों, वरिष्ठ नेताओं, पूर्व प्रत्याशियों, महिला कांग्रेस, युवा कांग्रेस, ब्लॉक अध्यक्षों और विभिन्न फ्रंटल संगठनों के पदाधिकारियों के साथ बैठक की। उन्होंने कहा कि पूर्वांचल कांग्रेस के लिए बेहद महत्वपूर्ण क्षेत्र है और यहां संगठन को जमीनी स्तर पर मजबूत करना उनकी प्राथमिकता है। कांग्रेस की सबसे बड़ी ताकत कार्यकर्ता दत्त ने कहा कि कांग्रेस की सबसे बड़ी ताकत उसका कार्यकर्ता है। बूथ से लेकर जिला स्तर तक कार्यकर्ताओं के साथ लगातार संवाद और समन्वय स्थापित कर संगठन को मजबूत किया जाएगा। उन्होंने कार्यकर्ताओं से पार्टी की नीतियों, कार्यक्रमों और जनहित से जुड़े मुद्दों को जनता तक पहुंचाने का आह्वान किया। जनता के मुद्दों पर संघर्ष का दावा अभिषेक दत्त ने कहा कि कांग्रेस जनता से जुड़े मुद्दों को लेकर सड़क से लेकर सदन तक संघर्ष करती रहेगी। लोकतंत्र, संविधान, सामाजिक न्याय और जनहित की आवाज को मजबूती से उठाना पार्टी की प्राथमिकता है। उन्होंने महंगाई, अपराध और चंदा चोरी जैसे मुद्दों को लेकर भी भाजपा सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने कार्यकर्ताओं से आपसी समन्वय बनाए रखते हुए जनता के बीच लगातार सक्रिय रहने की अपील की। दत्त ने कहा कि उत्तर प्रदेश में कांग्रेस पूरी मजबूती के साथ विधानसभा चुनाव लड़ेगी और संगठन को मजबूत बनाने में प्रत्येक कार्यकर्ता की भूमिका महत्वपूर्ण है।
प्रशांत किशोर ने बिहार में बाढ़, छात्र आंदोलन और आगामी एमएलसी चुनाव को लेकर सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने बाढ़ को हर साल की समस्या बताया और छात्रों की जायज मांगों को मानने की अपील की, साथ ही जन सुराज के एमएलसी चुनाव लड़ने की घोषणा की।
यूपी TET एग्जाम का रिजल्ट जारी:प्राइमरी और जूनियर के लिए 13 लाख अभ्यर्थी पास; 62 हजार टीचर फेल हुए
उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग (UPESSC) ने बुधवार को शिक्षक पात्रता परीक्षा (UPTET) 2026 का परिणाम घोषित कर दिया। आयोग की ओर से जारी आंकड़ों के अनुसार प्राथमिक स्तर (कक्षा 1 से 5) में 80.07 प्रतिशत और उच्च प्राथमिक स्तर (कक्षा 6 से 8) में 71.85 प्रतिशत अभ्यर्थी सफल घोषित किए गए हैं। इस परीक्षा में 2.07 लाख शिक्षक पास हुए। 2.69 लाख शिक्षक इस परीक्षा में बैठे थे, जबकि 62.03 हजार शिक्षक फेल हुए हैं। अब राज्य सरकार इन शिक्षकों के लिए विशेष TET परीक्षा कराने की तैयारी में है। UPTET 2026 का आयोजन 2, 3 और 4 जुलाई 2026 को प्रदेश के 60 जिलों में बनाए गए 955 परीक्षा केंद्रों पर किया गया था। परीक्षा कुल पांच पालियों में संपन्न हुई, जिसमें दो पालियां प्राथमिक स्तर और तीन पालियां उच्च प्राथमिक स्तर के लिए आयोजित की गई थीं। इस वर्ष कुल 19,94,661 अभ्यर्थियों ने परीक्षा के लिए पंजीकरण कराया था। प्राथमिक स्तर में 5.71 लाख अभ्यर्थी सफलप्राथमिक स्तर की परीक्षा में 7,13,648 अभ्यर्थी शामिल हुए थे। इनमें से 5,71,435 अभ्यर्थी सफल घोषित किए गए हैं। इस स्तर का कुल उत्तीर्ण प्रतिशत 80.07 रहा। उच्च प्राथमिक स्तर में 7.59 लाख अभ्यर्थी हुए पासउच्च प्राथमिक स्तर की परीक्षा में 10,57,021 अभ्यर्थी शामिल हुए थे। इनमें से 7,59,513 अभ्यर्थियों ने सफलता प्राप्त की। इस स्तर का कुल सफलता प्रतिशत 71.85 दर्ज किया गया। कार्यरत शिक्षकों का प्रदर्शन भी बेहतरप्राथमिक स्तर की परीक्षा में शामिल 1,22,405 कार्यरत शिक्षकों में से 93,387 शिक्षक सफल रहे, जो कुल 76.29 प्रतिशत है। वहीं उच्च प्राथमिक स्तर की परीक्षा में शामिल 1,46,394 कार्यरत शिक्षकों में से 1,13,384 शिक्षक सफल हुए, जिसका सफलता प्रतिशत 77.45 रहा। नॉर्मलाइजेशन पद्धति से तैयार हुआ परिणामआयोग के उपसचिव ने बताया कि परीक्षा कई पालियों में आयोजित की गई थी और अभ्यर्थियों की संख्या भी काफी अधिक थी। ऐसे में विभिन्न पालियों के प्रश्नपत्रों के कठिनाई स्तर में संभावित अंतर को संतुलित करने के लिए विज्ञापन के बिंदु संख्या-09 के तहत तुलनात्मक मूल्यांकन (Normalization) पद्धति अपनाई गई। इसके आधार पर अभ्यर्थियों के अंकों का समानीकरण कर अंतिम परिणाम तैयार किया गया। वेबसाइट पर उपलब्ध है स्कोरकार्डअभ्यर्थी अपना परिणाम, स्कोरकार्ड और कटऑफ आयोग की आधिकारिक वेबसाइट UPESSC पर जाकर देख सकते हैं। आयोग ने तकनीकी सहायता और अन्य जानकारी के लिए हेल्पलाइन एवं ई-मेल सुविधा भी उपलब्ध कराई है। विस्तृत जानकारी वेबसाइट पर उपलब्ध है।
MGM और सदर अस्पताल में डिजिटल क्रांति: IFMS ई-वाउचर और ई-साइन से पास होंगे वेतन और पेंशन के बिल
राज्य सरकार ने 1 सितंबर से पेंशन और वित्तीय भुगतान प्रणाली को पूरी तरह डिजिटल करने का बड़ा कदम उठाया है। अब वेतन, टीए और एडवांस के लिए ई-साइन, डिजिटल सिग्नेचर और IFMS ई-वाउचर अनिवार्य होंगे।
कानपुर सागर हाइवे आधा घंटे प्रभावित:जहांगीराबाद में बारह रबी-उल-अव्वल का जुलूस शांतिपूर्ण संपन्न
घाटमपुर थाना क्षेत्र के जहांगीराबाद में बुधवार को बारह रबी-उल-अव्वल का जुलूस शांतिपूर्ण माहौल में संपन्न हुआ। इस दौरान कानपुर सागर हाइवे लगभग आधे घंटे तक प्रभावित रहा। जुलूस में बड़ी संख्या में अकीदतमंद शामिल हुए। जुलूस की शुरुआत जहांगीराबाद की मदीना मस्जिद से हुई। पूरे मार्ग पर धार्मिक नारों की गूंज सुनाई दी, जिससे वातावरण भक्तिमय बना रहा। यह आयोजन हर्षोल्लास और सौहार्दपूर्ण वातावरण में संपन्न हुआ। जुलूस के सफल संचालन में पुलिस मित्र मुस्तकीम अली, जुलूस कमेटी के यूनुस अली, सद्दाम अली, सद्दाम निजामी, हाशिम मोहम्मद, जामिन, मुजीम अली, नदीम अली, शाहबाज अली, एजाज प्रधान और नेहाल अली सहित कई अन्य लोगों का विशेष सहयोग रहा। सुरक्षा व्यवस्था को लेकर पुलिस प्रशासन पूरी तरह सतर्क था। पतारा चौकी प्रभारी आशीष कुमार मिश्रा, उपनिरीक्षक वीरेन्द्र प्रताप सिंह, उपनिरीक्षक हंसराम और उपनिरीक्षक नरेन्द्र सिंह सहित समस्त पुलिस बल पूरे समय मुस्तैद रहा। पुलिस की कड़ी निगरानी और स्थानीय लोगों के सहयोग से जुलूस शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुआ। स्थानीय निवासियों ने प्रशासन की सुरक्षा व्यवस्था की सराहना की और इसे आपसी भाईचारे तथा सामाजिक समरसता का प्रतीक बताया।
भारतीय जनता पार्टी के ओबीसी मोर्चा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमरपाल मौर्य का बुधवार शाम भाजपाइयों ने स्वागत किया। लखनऊ जाते समय भाजपा कार्यकर्ताओं द्वारा गाजियाबाद स्टेशन पर फूल माला पहनाईं। महानगर अध्यक्ष मयंक गोयल के नेतृत्व में आयोजित स्वागत कार्यक्रम में पार्टी कार्यकर्ताओं ने उत्साह और जोश के साथ अमरपाल मौर्य जी का अभिनंदन किया। इस अवसर पर भाजपा कार्यकर्ताओं में विशेष उत्साह देखने को मिला। मयंक गोयल ने सभी कार्यकर्ताओं की ओर से अमरपाल मौर्य जी को पुष्पगुच्छ एवं माला पहनाकर उनका स्वागत एवं अभिनंदन किया। संगठन के लिए मजबूती से काम करें कार्यकर्ताओं ने इस अवसर पर पार्टी की विचारधारा और संगठन की मजबूती के प्रति अपनी प्रतिबद्धता व्यक्त की। पूरे रेलवे स्टेशन परिसर में कार्यकर्ताओं के उत्साह और स्वागत से माहौल भाजपा के नारों एवं जोश से सराबोर रहा।इस अवसर पर महानगर महामंत्री पंकज भारद्वाज गौरव चोपड़ा, प्रदीप चौहान महानगर उपाध्यक्ष सचिन डेढ़ा, राजन वाल्मीकि, राम त्यागी, भानु सिसोदिया, वेद प्रकाश जाटव, संदीप चौधरी, नीरज शर्मा, ललित कश्यप, राजेश चतुर्वेदी और अन्य मौजूद रहे।
बालाघाट में बुधवार शाम बूढ़ी रेलवे क्रॉसिंग के पास इतवारी से बालाघाट आ रही पैसेंजर ट्रेन (68714) की चपेट में एक सांड आ गया। हादसे में सांड की मौके पर ही मौत हो गई और वह ट्रेन के इंजन में फंस गया, जिससे एक बड़ा हादसा होने से टल गया। इंजन में फंसा सांड, एक घंटे ठप रहा रेल यातायात टक्कर के बाद सांड इंजन के नीचे फंस गया, जिसके चलते ट्रेन को तुरंत रोकना पड़ा। रेलवे कर्मचारियों ने काफी मशक्कत के बाद मृत सांड को इंजन से बाहर निकाला। इस वजह से रेल यातायात करीब एक घंटे तक बाधित रहा। पैदल और ऑटो से गंतव्य की ओर निकले यात्री ट्रेन पहले से ही अपने निर्धारित समय से देरी से चल रही थी। हादसे के कारण हुए लंबे विलंब से परेशान होकर कई यात्री ट्रेन से उतरकर पैदल ही निकल पड़े, वहीं कुछ लोगों ने ऑटो और निजी वाहनों से आगे का सफर तय किया। कड़ी मशक्कत के बाद रवाना हुई ट्रेन रेलवे अमले द्वारा ट्रैक साफ करने और सांड के शव को हटाने के बाद ट्रेन को बालाघाट के लिए आगे रवाना किया गया, जिससे ट्रेन काफी देर से अपने गंतव्य पर पहुंची।
सिरसा जिले में रानियां शहर के ओटू हैड पर एनजीसी नहर के निकट पानी में मगरमच्छ होने की सूचना से हड़कंप मच गया। ओटू हेड इंचार्ज ने सुबह करीब दस बजे वन्य विभाग को इसकी जानकारी दी। सूचना मिलते ही वन्य विभाग की टीम मौके पर पहुंच गई और रेस्क्यू टीम को भी बुलाया गया। मौके पर पहुंचे अधिकारियों को गांव के मुंशी राम ने बताया कि उसने सुबह मगरमच्छ देखा था। मुंशी राम ओटू हेड के पास फल-फ्रूट की रेहड़ी लगाता है। देर शाम तक मगरमच्छ को रेस्क्यू करने की कोशिश की गई, लेकिन टीम को कुछ भी हाथ नहीं लगा। मगरमच्छ का कोई निशान भी नहीं मिला। ओरिजनल फोटो नहीं दिखा सका शेयर करने वाला व्यक्ति फोरेस्ट डिपार्टमेंट रानियां के अधिकारी ने बताया कि जिस व्यक्ति ने मगरमच्छ की फोटो शेयर की थी, उसे मौके पर बुलाया गया। उस व्यक्ति ने एक बार तो फोटो दिखा दी, लेकिन जब उससे ओरिजिनल फोटो मांगी गई तो उसने दूसरे फोन से क्लिक होने का बहाना बनाकर टाल दिया। इसके बाद फोटो वायरल करने वाला व्यक्ति मौके से चला गया और उसका फोन स्विच ऑफ आने लगा। वन विभाग की टीम ने देर शाम तक उससे संपर्क करने की कोशिश की, लेकिन सफल नहीं हो पाई। अधिकारियों ने बताया कि यह फोटो AI जनरेटेड प्रतीत हो रही है। विभाग ने स्पष्ट किया कि यदि यह सूचना अफवाह निकली तो फोटो वायरल करने वाले व्यक्ति के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी। विभागीय अधिकारियों ने बताया कि अभी तक उन्हें मगरमच्छ दिखाई नहीं दिया है। टीमें अभी भी तलाश में जुटी हैं और मगरमच्छ दिखने पर उसे रेस्क्यू कर लिया जाएगा। फिलहाल, मगरमच्छ होने की पुष्टि नहीं हुई है।
उत्तर प्रदेश के शामली में हरियाणवी सिंगर अंकित बालियान की गोलियां मारकर हत्या कर दी गई। बुधवार शाम को जिम से बाहर निकलते ही यूट्यूबर एवं सिंगर पर हमलावरों ने करीब 18 राउंड फायरिंग की। सिर, पेट में 5 गोली लगने से वह गंभीर रूप से घायल हो गए। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर उन्हें अस्पताल पहुंचाया, जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। अंकित बालियान हरियाणवी संगीत और सोशल मीडिया की दुनिया में सक्रिय थे। वह अपने गाने 'भरी कोर्ट में गोली मारेंगे मेरी जान' से काफी चर्चित हुए थे। साल 2023 में शामली में उनके रोड शो की भी चर्चा हुई थी। उन्हें बंतीखेड़ा निवासी हरियाणवी कलाकार बताया गया था। अंकित शामली में जिला पंचायत चुनाव की तैयारी कर रहे थे। उनकी हत्या की वजह अभी स्पष्ट नहीं हो सकी है। अंकित का जन्म शामली में ही हुआ था। लेकिन, पिछले काफी समय से वे हरियाणा के सोनीपत में रहते थे। पिछले कुछ समय से वे गांव में परिवार के साथ रह रहे थे। परिजनों ने शव रखकर लगाया जाम 4 हमलावर पहले से घात लगाकर बैठे थे। घटना से गुस्साए लोगों ने हमलावरों की गिरफ्तारी के लिए सड़क जाम कर दिया है। मां अंकित की लाश गोद में लेकर सड़क पर बैठ गई हैं। पुलिस सीसीटीवी फुटेज से हमलावरों की पहचान की कोशिश कर रही है। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, हमलावर पहले से जिम के बाहर थे। वे अंकित बालियान के बाहर आने का इंतजार कर रहे थे। जैसे ही अंकित जिम से बाहर निकलकर अपनी स्कॉर्पियो में बैठने लगे, तभी बदमाशों ने फायरिंग शुरू कर दी। अंकित ने बचने की कोशिश की। लेकिन ड्राइविंग सीट की तरफ दीवार थी। इसलिए अंकित ने स्कॉर्पियो की को-ड्राइविंग सीट की तरफ से अंदर जाने का प्रयास किया। वारदात के बाद पैदल ही भागे हमलावर हमलावरों ने जबरन स्कॉर्पियो का गेट खोला और अंकित पर ताबड़तोड़ फायरिंग की। तीन गोलियां गाड़ी के अगले शीशे में और 5 अंकित के शरीर में जा लगीं। वारदात के बाद चारो हमलावर पैदल ही मौके से फरार हो गए। परिजनों ने लगाया जाम, किया हंगामाअंकित बालियान की हत्या के बाद परिजनों और ग्रामीणों ने सड़क पर शव रखकर जाम लगा दिया। कहा कि जब तक हत्यारों की गिरफ्तारी नहीं की जाएगी, जाम नहीं खोला जाएगा। हत्यारों के पकड़े जाने के बाद ही शव का अंतिम संस्कार किया जाएगा। एसपी एनपी सिंह का कहना है कि हत्यारों की तलाश के लिए टीमों का गठन किया गया है। पंचायत चुनाव की रंजिश को लेकर भी जांच की जा रही है। 3-4 बदमाशों ने की फायरिंग- एसपी इस मामले को लेकर एसपी एनपी सिंह ने बताया कि थाना कोतवाली शामली क्षेत्रान्तर्गत डायल 112 के माध्यम से सूचना प्राप्त हुई कि मृतक अंकित बालियान निवासी बंतीखेड़ा को जिम से निकलते समय 3-4 अज्ञात व्यक्तियों द्वारा गोली मार दी गई। जिससे अंकित की मौके पर ही मौत हो गई। उन्होंने बताया कि घटना का जल्द खुलासा करने और आरोपियों को गिरफ्तार करने के लिए पुलिस की कई टीमें बनाई गई हैं। पुलिस टीमें मामले से जुड़े सभी पहलुओं की जांच कर रही हैं और जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार करने का प्रयास किया जा रहा है।
राजधानी रायपुर की सरकारी राशन दुकान से करीब 16 लाख रुपए के राशन के गबन का मामला सामने आया है। जोरा वार्ड क्रमांक 51 की राशन दुकान (आईडी 442001026) की जांच के दौरान बड़ी मात्रा में चावल का स्टॉक कम मिला। खाद्य विभाग की शिकायत पर पुलिस ने दुकान संचालक टोपेश्वर साहू (27) के खिलाफ केस दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया। आरोपी को न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया है। 250 राशन कार्ड में एंट्री, हितग्राहियों को राशन नहीं मिला खाद्य विभाग ने 29 अक्टूबर 2025 को राशन दुकान का निरीक्षण किया था। इस दौरान कई हितग्राहियों ने शिकायत की कि उन्हें अक्टूबर महीने का पीडीएस चावल और शक्कर नहीं मिला है। जांच के दौरान दुकान में करीब 265 राशन कार्ड मिले। आरोप है कि दुकान संचालक ने हितग्राहियों से राशन कार्ड जमा कराए और ई-पॉस मशीन में उनका बायोमेट्रिक सत्यापन भी कराया। इसके बाद उन्हें न तो राशन दिया गया और न ही राशन कार्ड वापस किए गए। जांच में करीब 250 राशन कार्ड की एंट्री ई-पॉस मशीन में मिली, लेकिन इन हितग्राहियों को चावल नहीं दिया गया था। जांच में कुल 81.07 क्विंटल चावल के गबन की बात सामने आई। दोबारा सत्यापन में 389 क्विंटल चावल कम मिला जांच के दौरान ई-पॉस रिकॉर्ड और दुकान के वास्तविक स्टॉक में भारी अंतर मिला। प्रारंभिक जांच में 333.97 क्विंटल चावल की कमी पाई गई थी। रिकॉर्ड के अनुसार 12 से 15 अक्टूबर के बीच दुकान में 232.90 क्विंटल चावल पहुंचा था, लेकिन इसकी विधिवत पावती नहीं ली गई थी। दुकान में स्टॉक रजिस्टर और आवश्यक सूचना बोर्ड भी नहीं मिले। सरकारी राशन की दुकान में गड़बड़ी कारण बताओ नोटिस का संतोषजनक जवाब नहीं मिलने पर 4 नवंबर 2025 को दुकानदार को निलंबित कर दिया गया। इसके बाद राशन दुकान को दूसरी संस्था से जोड़ दिया गया। 7 नवंबर को दुकान हस्तांतरण के लिए दोबारा भौतिक सत्यापन हुआ। इसमें चावल की कमी बढ़कर 389.24 क्विंटल यानी 778.48 बोरी पाई गई। जांच के मुताबिक, सरकारी राशन के गबन और धोखाधड़ी से करीब 15.91 लाख रुपए की वित्तीय हानि हुई। शिकायत पर अपराध दर्ज कर जांच की गई। साक्ष्य मिलने के बाद पुलिस ने टोपेश्वर साहू को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया। मामले में आगे की विवेचना जारी है।
बलिया के खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता और शुद्धता सुनिश्चित करने के लिए खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन ने विशेष अभियान चलाया। इस दौरान चार प्रतिष्ठानों का निरीक्षण कर खाद्य पदार्थों के सात नमूने लिए गए। एक दुकान पर करीब 75 किलो बदबूदार और मक्खियों से भरी मिठाई मिली, जिसे टीम ने मौके पर ही नष्ट करा दिया। छेना रसगुल्ला और लालमोहन में मिली गंदगी अभियान के दौरान बांसडीह के मिश्रवलिया चौराहा स्थित संदीप स्वीट का निरीक्षण किया गया। यहां छेना रसगुल्ला और लालमोहन मिठाई के साथ स्किम्ड मिल्क पाउडर और गुलाबजामुन मिक्स पाउडर के नमूने लिए गए। करीब 75 किलो मिठाई बदबूदार और मक्खियों से प्रभावित मिली। टीम ने इसे मौके पर ही नष्ट करा दिया। इसके अलावा बंगाली कोलकाता स्वीट, अंबेडकर तिराहा, बाँसडीह से खोया का एक नमूना लिया गया। रसड़ा के टीका देवरी स्थित मद्धेशिया मिष्ठान भंडार से लालमोहन और डेहरी स्थित पूजा स्वीट भंडार से बर्फी का नमूना संग्रहित किया गया। जांच के लिए भेजे गए सभी सात नमूने अभियान के दौरान चार प्रतिष्ठानों से कुल सात खाद्य नमूने लिए गए हैं। सभी नमूनों को जांच के लिए राजकीय जन विश्लेषक प्रयोगशाला भेजा गया है। जांच रिपोर्ट मिलने के बाद खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम, 2006 के तहत आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। अभियान में सीएफएसओ हरेंद्र सिंह और एफएसओ अखिलेश मौर्य, सतीश कुमार सिंह, राकेश एवं पुरंदर यादव शामिल रहे। त्योहारों पर मिठाई खरीदते समय सावधानी की अपील आगामी त्योहारों को देखते हुए खाद्य सुरक्षा विभाग ने उपभोक्ताओं से मिठाई खरीदते समय विशेष सावधानी बरतने की अपील की है। विभाग ने लोगों से स्वच्छ और प्रतिष्ठित दुकानों से ही मिठाई खरीदने तथा दुकान में साफ-सफाई और खाद्य पदार्थों के सुरक्षित रख-रखाव पर ध्यान देने को कहा है। विभाग के अनुसार, मिठाई ताजा, स्वच्छ और दुर्गंध रहित होनी चाहिए। बासी, फफूंद लगी, चिपचिपी या असामान्य रंग और गंध वाली मिठाई खरीदने से बचना चाहिए। पैक्ड मिठाई लेते समय निर्माण या पैकिंग तिथि, एक्सपायरी डेट, बैच नंबर और एफएसएसएआई लाइसेंस या पंजीकरण संख्या जरूर जांचनी चाहिए। दूध-खोया की मिठाई जल्द करें इस्तेमाल विभाग ने बताया कि दूध, खोया और छेना से बनी मिठाइयां जल्दी खराब हो सकती हैं। इसलिए इन्हें ताजा खरीदकर जल्द से जल्द इस्तेमाल करना चाहिए। अत्यधिक चमकीले या अस्वाभाविक रंग वाली मिठाइयों से भी बचने की सलाह दी गई है। मिठाई पर लगे चांदी के वर्क की गुणवत्ता की जांच करने और खाद्य-ग्रेड वर्क का ही इस्तेमाल सुनिश्चित करने को कहा गया है। साथ ही मिठाई को अखबार में पैक कराकर नहीं लेने की सलाह दी गई है।
बिहार विधान परिषद चुनाव: 8 सीटों पर बिछने लगी सियासी बिसात, दावेदारों ने कसी कमर
बिहार विधान परिषद की शिक्षक और स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों की आठ रिक्त होने वाली सीटों के लिए राजनीतिक दलों ने तैयारी तेज कर दी है। नवंबर में होने वाले इन चुनावों को दल आगामी राजनीतिक समीकरणों की पहली बड़ी परीक्षा मान रहे हैं, जिसमें संभावित प्रत्याशी सक्रिय हो गए हैं।
गोरखपुर के सेंट एंड्रयूज कॉलेज में चल रही फुटबॉल लीग (ए डिविजन) के लीग चरण का समापन वेलेंटाइन फुटबॉल क्लब की शानदार जीत के साथ हुआ। अंतिम लीग मुकाबले में वेलेंटाइन FC ने उत्तर प्रदेश पुलिस गोरखपुर जोन को 3-1 से शिकस्त दी। टीम की जीत के हीरो सैफुद्दीन रहे, जिन्होंने तीनों गोल दागकर हैट्रिक पूरी की। मैच शुरू होते ही वेलेंटाइन FC ने आक्रामक खेल दिखाया। तीसरे मिनट में सैफुद्दीन ने शानदार गोल कर टीम को 1-0 से आगे कर दिया। इसके छह मिनट बाद नौवें मिनट में उन्होंने अपना दूसरा गोल दाग दिया। पहले हाफ के अंत तक वेलेंटाइन टीम 2-0 से आगे रही। दूसरे हाफ में भी दबदबा, सैफुद्दीन की हैट्रिक दूसरे हाफ में भी वेलेंटाइन FC का दबदबा कायम रहा। 40वें मिनट में सैफुद्दीन ने तीसरा गोल कर अपनी हैट्रिक पूरी की। इसके बाद 42वें मिनट में उत्तर प्रदेश पुलिस के आबदीन ने गोल कर अंतर कम किया, लेकिन टीम वापसी नहीं कर सकी। मुकाबला वेलेंटाइन FC ने 3-1 से जीत लिया। तालमेल की कमी से दबाव में रही पुलिस टीम मैच के दौरान उत्तर प्रदेश पुलिस के खिलाड़ी दबाव में नजर आए। टीम के बीच तालमेल की कमी का फायदा वेलेंटाइन FC ने उठाया और अधिकांश समय खेल पर नियंत्रण बनाए रखा। मुख्य अतिथि ने खिलाड़ियों का बढ़ाया उत्साह गोरखपुर फुटबॉल संघ के उपाध्यक्ष उपेंद्र मणि त्रिपाठी मुख्य अतिथि के रूप में मौजूद रहे। उन्होंने खिलाड़ियों से परिचय प्राप्त किया और उनके प्रदर्शन का उत्साहवर्धन किया। संघ के संरक्षक कैप्टन राधेश्याम सिंह ने लीग के सफल आयोजन के लिए खिलाड़ियों, दर्शकों और आयोजन समिति को बधाई दी। उन्होंने आयोजन सचिव डॉ. अमिल हयात खान और उनकी टीम के प्रयासों की सराहना की। सेमीफाइनल में आज आमने-सामने होंगी चार टीमें लीग चरण समाप्त होने के बाद अब गुरुवार को सेमीफाइनल मुकाबले खेले जाएंगे। दोपहर 2 बजे: एनई रेलवे मुख्यालय vs वेलेंटाइन फुटबॉल क्लब शाम 3:30 बजे: सद्भावना फुटबॉल क्लब vs उत्तर प्रदेश पुलिस गोरखपुर जोन
सीतापुर के थानगांव थाना क्षेत्र में बुधवार शाम करीब 7 बजे जहरीले सर्प के डसने से 15 वर्षीय किशोर की मौत हो गई। हादसे के बाद परिवार में कोहराम मच गया। पुलिस ने परिजनों की सूचना पर शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए जिला मुख्यालय भेज दिया। जानकारी के अनुसार ग्राम राधेपुरवा मजरा रामीपुर गोड़वा निवासी रामचंदर का 15 वर्षीय पुत्र विकास देर शाम घर में छप्पर के नीचे रखे गोबर के उपले निकाल रहा था। इसी दौरान उपलों के बीच छिपे जहरीले सर्प ने उसे डस लिया। सर्प के डसते ही विकास ने चीख-पुकार मचा दी। आवाज सुनकर परिजन और आसपास के लोग मौके पर पहुंच गए। परिजन आनन-फानन में विकास को उपचार के लिए रेउसा स्थित एक निजी अस्पताल लेकर पहुंचे। वहां चिकित्सक ने उसकी हालत गंभीर देखते हुए बेहतर इलाज के लिए बाहर ले जाने की सलाह दी। इसके बाद परिजन उसे लेकर लखनऊ के लिए रवाना हुए, लेकिन रास्ते में ही उसकी हालत बिगड़ गई और उसने दम तोड़ दिया। मौत के बाद परिजन शव को लेकर वापस घर लौट आए। लाठियों से पीटकर सर्प को मार डाला घटना की सूचना पुलिस को दी गई। परिजनों के अनुरोध पर पुलिस ने शव का पंचनामा भरकर पोस्टमार्टम के लिए जिला मुख्यालय भेज दिया। वहीं, घटना के बाद ग्रामीणों ने उस सर्प की तलाश शुरू कर दी, जिसने विकास को डसा था। तलाश के दौरान सर्प मिल गया। ग्रामीणों के मुताबिक वह कोबरा था। आक्रोशित ग्रामीणों ने भाला और लाठियों से पीटकर सर्प को मार डाला। किशोर की अचानक हुई मौत से परिवार में मातमी माहौल है। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।
हरियाणा सरकार की नई नीति के तहत गुरुग्राम में इलेक्ट्रिक वाहनों का पंजीकरण मुफ्त हो गया है, जिससे खरीदारों को लाखों रुपये का सीधा लाभ मिल रहा है।
बिजनौर में ट्यूशन से घर लौट रही छात्रा से बाइक सवार दो युवकों ने छेड़खानी कर दी। छात्रा को जबरन बाइक पर बैठाने की कोशिश की। इसके बाद छात्रा ने दोनों युवकों की चप्पलों से पिटाई शुरू कर दी। उन्हें बीच सड़क जमकर पीटा। पिटाई के दौरान लड़के मुंह छिपाते नजर आए। मामला मंगलवार शाम का है। पिटाई का वीडियो बुधवार शाम करीब 5 बजे सामने आया। इसमें छात्रा दोनों युवकों की चप्पल से पिटाई करती नजर आ रही है। पुलिस ने छात्रा के पिता की शिकायत पर बुधवार को एक आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। वह थाने में लंगड़ाते हुए माफी मांगता नजर आया। पुलिस दूसरे आरोपी की तलाश कर रही है। मामला शेरकोट थाना क्षेत्र का है। अब जानिए पूरा मामला… रामसहायवाला क्षेत्र के एक गांव निवासी व्यक्ति ने पुलिस को दी शिकायत में बताया- उनकी 16 साल की बेटी मंगलवार शाम ट्यूशन पढ़कर साइकिल से घर लौट रही थी। रामसहायवाला चुंगी के पास गांव निवासी अहतेशाम और जीशान ने बाइक से उसका पीछा शुरू कर दिया। बाइक पर बैठाने की कोशिश की पीड़िता के पिता के मुताबिक, गांव में बागिया के पास दोनों युवकों ने बेटी के साथ छेड़छाड़ की। उसे जबरन बाइक पर बैठाकर ले जाने की कोशिश की। लड़की के शोर मचाने पर आसपास के लोग मौके पर पहुंचे। इसी दौरान लड़की ने चप्पल उतार ली और दोनों युवकों की पिटाई शुरू कर दी। अब जानिए वीडियो में क्या है… बुधवार शाम दोनों युवकों की पिटाई का वीडियो भी सामने आया है। वीडियो में सड़क किनारे झाड़ियों के पास कुछ लोग और लाल रंग की मोटरसाइकिल दिखाई दे रही है। वीडियो में सफेद कुर्ते, नीली जींस और दुपट्टा पहने एक लड़की किसी बात पर गुस्सा नजर आती है। वह चप्पल उठाकर सामने मौजूद लड़कों को पीटना शुरू कर देती है। लड़के सिर पर हाथ रखकर उससे मुंह छिपाते हैं। उसे बचकर दूर भागते हैं। युवक लड़की से माफी मांगते और गलती दोबारा नहीं करने की बात कहते नजर आ रहे हैं। पुलिस ने एक आरोपी को किया गिरफ्तार पीड़िता के पिता की शिकायत पर पुलिस ने केस दर्ज कर रामसहायवाला निवासी एहतेशाम को गिरफ्तार कर लिया। आरोपी की गिरफ्तारी का एक वीडियो सामने आया है। इसमें वह थाने में लंगड़ाता दिखाई दे रहा है। पुलिस के सामने हाथ जोड़कर माफी मांग रहा है। बोल रहा आगे से वह ऐसी गलती नहीं करेगा। पुलिस दूसरे आरोपी जीशान की तलाश कर रही है। पुलिस का कहना है टीम उसकी तलाश में दबिश दे रही है। जल्द ही उसे गिरफ्तार कर लिया जाएगा। ……………………………… यह खबर भी पढ़ें- हाईकोर्ट की फटकार के बाद IAS दुर्गा नागपाल की सफाई:बोलीं- जज से गलत बात नहीं की; धमकाने का आरोप लगा था यूपी की महिला IAS अफसर दुर्गा शक्ति नागपाल ने सिविल जज के आरोपों पर सफाई दी है। उन्होंने मंगलवार को कहा- उनका इरादा सिर्फ सरकारी जमीन से जुड़े पुराने पेंडिंग केस की ठीक से पैरवी कराना था। उन्होंने कोई दबाव नहीं बनाया। बातचीत के दौरान न तो केस के फैसले या मेरिट पर चर्चा हुई और न ही किसी खास केस के नाम या नंबर का जिक्र किया गया। यहां पढ़ें पूरी खबर
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने उत्तर प्रदेश के निजी स्कूलों में आर्थिक रूप से कमजोर और वंचित वर्ग के बच्चों को शिक्षा के अधिकार अधिनियम (आरटीई एक्ट, 2009) के तहत दाखिला दिए जाने के मामले में राज्य सरकार को विस्तृत हलफनामा दाखिल करने का निर्देश दिया है। न्यायमूर्ति विनोद दिवाकर की एकल पीठ यह आदेश सेंट जॉन्स स्कूल, बभनौटी, पछवां द्वारा दायर याचिका पर सुनवाई करते हुए पारित किया। गरीब बच्चों की फीस माफ करने से कतरा रहे अदालत के संज्ञान में लाया गया कि राज्य सरकार से मान्यता प्राप्त कई निजी शिक्षण संस्थान कमजोर वर्ग के बच्चों को दाखिला देने और उनकी फीस माफ करने से कतरा रहे हैं। कोर्ट ने स्पष्ट किया कि इस स्तर पर आरोपों की सत्यता पर कोई राय नहीं दी जा रही, बल्कि राज्य सरकार से मंगाया गया हलफनामा वास्तविक स्थिति स्पष्ट करेगा। आदेश में उत्तर प्रदेश बेसिक शिक्षा अधिनियम, 1972 के प्रावधानों का उल्लेख करते हुए बताया गया कि जूनियर बेसिक स्कूल (कक्षा 5 तक) और जूनियर हाई स्कूल (कक्षा 6 से 8 तक) किस तरह परिभाषित हैं। कोर्ट ने यह भी रेखांकित किया कि सीबीएसई, सीआईएससीई या किसी अन्य बोर्ड से संबद्ध स्कूल भी राज्य सरकार से नो ऑब्जेक्शन सर्टिफिकेट लेने के बाद ही स्थापित और संचालित हो सकते हैं, और इसलिए वे भी उन्हीं दायित्वों के अधीन हैं जो अन्य स्कूलों पर लागू होते हैं , भले ही वे किसी दूसरे बोर्ड से संबद्ध क्यों न हों। जिलावार हलफनामे में जानकारी देनी होगी 1-राज्य में संचालित सभी सहायता प्राप्त और गैर-सहायता प्राप्त निजी प्राथमिक स्कूलों की सूची, चाहे वे किसी भी बोर्ड से संबद्ध हों 2- प्रत्येक स्कूल में जूनियर बेसिक, जूनियर हाई स्कूल, हाई स्कूल और इंटरमीडिएट स्तर पर छात्रों की संख्या। 3- पिछले पांच शैक्षणिक सत्रों का स्कूलवार ब्यौरा वास्तव में दाखिल हुए बच्चों की संख्या, सक्षम प्राधिकारी द्वारा आवंटित किंतु दाखिला न दिए गए बच्चों की संख्या व उसके कारण 4-कैपिटेशन फीस वसूलने या स्क्रीनिंग प्रक्रिया अपनाने संबंधी शिकायतों और उन पर हुई कार्रवाई का विवरण कोर्ट ने सीबीएसई और सीआईएससीई से संबद्ध स्कूलों को भी बेसिक शिक्षा अधिकारी और जिला विद्यालय निरीक्षक को यह जानकारी देने में सहयोग करने का निर्देश दिया है। कोर्ट ने स्पष्ट किया कि यह जानकारी केवल पूरी तस्वीर समझने के लिए मांगी गई है और किसी संस्थान के आचरण पर अभी कोई राय व्यक्त नहीं की गई है। आदेश की प्रति प्रमुख सचिव (बेसिक शिक्षा), निदेशक (बेसिक) व निदेशक (माध्यमिक) शिक्षा तथा सीबीएसई और सीआईएससीई के संबंधित कार्यालयों को भेजी जाएगी। मामले की अगली सुनवाई 15 सितंबर 2026 को दोपहर 2 बजे नियत की गई है।
घाटमपुर में जुलूस-ए-मोहम्मदी के दौरान बुधवार को विवादित झंडे को लेकर पुलिस और नगर पालिकाध्यक्ष पति अब्दुल अहद के बीच तीखी नोकझोंक हो गई। पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों ने झंडा लेकर चल रहे एक किशोर को भीड़ से बाहर निकालकर पूछताछ शुरू की थी। इसी दौरान अब्दुल अहद समर्थकों के साथ मौके पर पहुंच गए और किशोर को पुलिस के कब्जे से छुड़ा लिया। इस पर एसीपी कृष्णकांत यादव ने विरोध किया तो दोनों के बीच तीखी बहस शुरू हो गई। कुछ देर मौके पर तनाव की स्थिति बनी रही। बाद में पुलिस पीछे हट गई और जुलूस आगे बढ़ गया। ‘आई लव मोहम्मद’ लिखे झंडे लेकर चल रहे थे युवक जुलूस निर्धारित रूट से होते हुए मूसानगर रोड पहुंचा। इसमें कई युवक ‘आई लव मोहम्मद’ लिखे झंडे लेकर चल रहे थे। अधिकारियों की मौजूदगी में करीब एक घंटे से अधिक समय तक झंडे लहराए जाते रहे। बाद में किसी व्यक्ति ने इसकी सूचना प्रशासन को दी। सूचना मिलते ही एसीपी कृष्णकांत यादव और एसडीएम अविचल प्रताप सिंह मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने झंडा लेकर चल रहे एक किशोर को भीड़ से बाहर निकाल लिया और उससे पूछताछ शुरू कर दी। किशोर से पूछताछ के दौरान नगर पालिकाध्यक्ष पति अब्दुल अहद समर्थकों के साथ मौके पर पहुंच गए। उन्होंने पुलिस से किशोर को छुड़ा लिया। एसीपी ने इसका विरोध किया तो दोनों के बीच तीखी नोकझोंक होने लगी। कुछ देर तक मौके पर तनावपूर्ण माहौल रहा। बाद में पुलिस पीछे हट गई और जुलूस को आगे जाने दिया गया। बताया गया कि संबंधित झंडे को पालिकाध्यक्ष पति ने बाद में एक घर में रखवा दिया। इसके बाद जुलूस आगे बढ़कर बगिया मैदान पहुंचा, जहां इसका समापन हुआ। डीजे पर नाचते-गाते आगे बढ़े युवक जुलूस में बड़ी संख्या में मुस्लिम समाज के लोग शामिल हुए। युवा डीजे के साथ नाचते-गाते हुए आगे बढ़ रहे थे। जुलूस के दौरान पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी भी मौजूद रहे। ACP बोले- पालिकाध्यक्ष पति का रवैया उचित नहीं एसीपी कृष्णकांत यादव ने कहा कि पालिकाध्यक्ष पति का रवैया बिल्कुल उचित नहीं था। पुलिस के साथ गलत व्यवहार किया गया है। पूरे मामले की जानकारी उच्चाधिकारियों को दे दी गई है। उनके निर्देशन के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। पालिकाध्यक्ष पति बोले- युवक को जबरन ले जा रहा था प्रशासन अब्दुल अहद ने कहा कि प्रशासन युवक को जबरन पकड़कर ले जा रहा था। अगर झंडे को लेकर कोई विवाद था तो इसकी जानकारी दी जानी चाहिए थी। उन्होंने बताया कि झंडे को हटवाकर एक घर में रखवा दिया गया था। उनके अनुसार इसके बाद कोई विवाद नहीं हुआ।
अयोध्या में रक्षाबंधन से पहले मिलावटखोरों पर शिकंजा कसने के लिए खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन विभाग ने अभियान तेज कर दिया है। बुधवार को विभाग की टीमों ने मिठाई, डेयरी और अन्य खाद्य पदार्थों की दुकानों पर छापेमारी कर जांच की। इस दौरान 22 प्रतिष्ठानों का निरीक्षण किया गया और 9 खाद्य पदार्थों के नमूने लेकर जांच के लिए प्रयोगशाला भेजे गए। यह अभियान जिलाधिकारी शशांक त्रिपाठी के निर्देश पर शुरू किया गया है। जांच के दौरान खाद्य सुरक्षा और साफ-सफाई के मानकों में कमी मिलने पर 6 प्रतिष्ठानों को सुधार सूचना जारी की गई। संचालकों को तय मानकों के अनुसार खाद्य पदार्थ तैयार करने और साफ-सफाई रखने के निर्देश दिए गए। बेसन लड्डू से लेकर दूध-पनीर तक के सैंपल अभियान के दौरान राजाराम स्वीट्स से बेसन लड्डू और छेना के नमूने लिए गए। यादव स्वीट्स से पनीर और यादव डेयरी से खोया का सैंपल लिया गया। इसके अलावा पराग डेयरी से दूध, पनीर और सोहन पापड़ी के नमूने भी लिए गए। अन्य प्रतिष्ठानों से भी खाद्य पदार्थों के नमूने लेकर जांच के लिए भेजे गए हैं। अब तक 27 नमूने लिए जा चुके विभाग के मुताबिक रक्षाबंधन को लेकर चलाए जा रहे विशेष अभियान में अब तक कुल 27 खाद्य पदार्थों के नमूने लिए जा चुके हैं। सभी नमूनों को प्रयोगशाला में जांच के लिए भेजा गया है। अधिकारियों के मुताबिक त्योहार के दौरान मिठाई, दूध, पनीर और खोया की मांग बढ़ जाती है। ऐसे में मिलावट की आशंका को देखते हुए लगातार दुकानों और खाद्य प्रतिष्ठानों की जांच की जा रही है। रिपोर्ट खराब आई तो होगी कार्रवाई खाद्य सुरक्षा विभाग के अधिकारियों ने बताया कि प्रयोगशाला जांच में यदि कोई सैंपल तय मानकों पर खरा नहीं उतरता है तो संबंधित दुकानदार के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। अधिकारियों का कहना है कि रक्षाबंधन तक यह अभियान लगातार जारी रहेगा, ताकि लोगों को शुद्ध और सुरक्षित खाद्य पदार्थ मिल सकें।
मराठी नहीं आने पर रद ना करें ऑटो ड्राइवरों के लाइसेंस, गिरिराज सिंह ने सीएम फडणवीस को लिखा लेटर
केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने महाराष्ट्र के सीएम देवेंद्र फडणवीस को पत्र लिखकर गैर-मराठी ऑटो-टैक्सी चालकों के लाइसेंस रद करने पर चिंता जताई है।
गिरिडीह में ईद मिलादुन्नबी पर घर की छत पर झंडा लगाने के दौरान हाईटेंशन तार की चपेट में आया युवक, मौत
Giridih News: पहाड़ीडीह गांव में ईद मिलादुन्नबी के लिए मोहम्मदिया निशान लगाते समय एक युवक की हाईटेंशन तार की चपेट में आने से मौत हो गई।
हरियाणवी गायक अंकित बालियान की उत्तर प्रदेश के शामली में गोली मारकर हत्या कर दी गई। बदमाशों ने उन पर करीब 20 राउंड फायरिंग की।
खरगोन जिले में मिर्च के गिरते दामों ने किसान की मेहनत पर पानी फेर दिया। टांडाबरूड के किसान प्रदीप कुमरावत ने बुधवार को अपनी दो एकड़ में खड़ी तैयार मिर्च की फसल पर रोटावेटर चला दिया। फसल तैयार करने में करीब एक लाख रुपए खर्च हुए थे। प्रदीप ने बताया कि पहली दो तुड़ाई में मिर्च का भाव 20 से 25 रुपए किलो मिला था। इसके बाद भाव लगातार गिरता गया। तीसरी तुड़ाई तक सिर्फ मजदूरी 6 रुपए किलो हो गई थी। इसके अलावा वाहन भाड़ा और पैकिंग का खर्च भी था। बाद में मिर्च का भाव घटकर 8 रुपए किलो रह गया। इस भाव में तुड़ाई, मजदूरी, पैकिंग और परिवहन का खर्च निकालना भी मुश्किल हो गया। इसलिए ट्रैक्टर चला दिया। जिले में मंडी नहीं, बड़े शहरों में भेजनी पड़ती है फसल दरअसल, किसानों के पास मिर्च बेचने के लिए स्थानीय मंडी की सुविधा नहीं है। उन्हें कमीशन एजेंटों के जरिए उपज इंदौर और दूसरे बड़े शहरों की मंडियों में भेजनी पड़ती है। प्रदीप के अनुसार, हरी मिर्च को ज्यादा समय तक रखा भी नहीं जा सकता। करीब 48 घंटे में यह खराब होने लगती है। इसलिए कम भाव मिलने पर भी किसान को फसल बेचनी पड़ती है। अच्छी फसल हुई, लेकिन भाव नहीं मिला प्रदीप ने बताया कि इस साल मिर्च की पैदावार अच्छी रही। लेकिन बाहर के बाजारों में मांग कम होने से भाव गिरते गए। दो एकड़ फसल पर करीब एक लाख रुपए खर्च करने के बाद भी उचित कीमत नहीं मिली। आगे फसल की तुड़ाई और उसे मंडी तक भेजने में भी खर्च होना था। ऐसे में किसान के लिए आगे फसल निकालना घाटे का सौदा बन गया। आखिरकार प्रदीप ने बुधवार को खेत में खड़ी अपनी पूरी मिर्च की फसल पर रोटावेटर चला दिया। जिस फसल को तैयार करने में महीनों की मेहनत और एक लाख रुपए खर्च हुए, वह कुछ ही देर में खेत में मिल गई।
विदिशा में रक्षाबंधन को लेकर राखी का बाजार सज गया है। इस बार राखियों की कीमतों में 20 से 25 प्रतिशत तक की बढ़ोतरी हुई है, जिससे दुकानदारों को महंगाई और बढ़ती दुकानों की संख्या की दोहरी मार झेलनी पड़ रही है। माधवगंज और बड़ा बाजार क्षेत्र में दशकों से अस्थाई दुकानें लगती आ रही हैं। दुकानदारों के अनुसार, पिछले साल की तुलना में इस बार राखियों के दाम करीब 20 से 25 प्रतिशत तक बढ़ गए हैं। व्यापारियों का कहना है कि राखियों की खरीद कीमत ही बढ़ गई है, जिसका सीधा असर बाजार में दिख रहा है। कीमतें बढ़ने के कारण दुकानदारों को राखियां अधिक दाम पर बेचनी पड़ रही हैं, जिससे बिक्री प्रभावित हो रही है। वहीं, शहर के मुख्य मार्गों और अन्य स्थानों पर भी नई राखी की दुकानें लगने से ग्राहक अलग-अलग जगह बंट गए हैं। दुकानदार बोले- महंगाई का असर राखी पर दिख रहादुकानदार मोहन पटवा ने बताया कि महंगाई का असर राखी बाजार पर साफ दिखाई दे रहा है। अकेले बड़ा बाजार क्षेत्र में राखी की दुकानों पर करीब 50 से 60 लाख रुपए का माल आया है। इसके बावजूद बाजार में कई जगह दुकानें लगने से ग्राहक बंट गए हैं और बिक्री प्रभावित हो रही है। पिछले कई वर्षों से माधवगंज और बड़ा बाजार में दुकान लगाने वाले व्यापारियों का कहना है कि वे इन अस्थाई दुकानों के लिए पहले से तैयारी करते हैं। लेकिन इस बार शहर में जगह-जगह नई दुकानें खुलने से ग्राहकों का बंटवारा हो गया है, जिससे उनकी बिक्री पर सीधा असर पड़ रहा है। अहमदाबाद, मुंबई सहित कई शहरों से आ रहा मालविदिशा के बाजार में राखियां अहमदाबाद, मुंबई, कोलकाता और गुजरात के अन्य शहरों से आ रही हैं। इस बार बच्चों को आकर्षित करने के लिए कार्टून कैरेक्टर, अलग-अलग डिजाइन और नई वैरायटी की राखियां बाजार में उपलब्ध हैं। इनकी कीमत करीब 5 रुपए से लेकर 150 रुपए तक है। दुकानदार अनिल जैन ने बताया कि वे वर्ष 1997 से राखी की दुकान लगा रहे हैं। पहले राखियां दिल्ली से आती थीं, लेकिन अब अहमदाबाद और मुंबई से ज्यादा माल आ रहा है। उनके अनुसार इस बार राखियों में करीब 25 प्रतिशत तक तेजी है। बच्चों के लिए बाजार में नई-नई डिजाइन की राखियां आई हैं, जिन्हें बच्चे पसंद कर रहे हैं। वहीं महिलाओं में अलग-अलग रंगों और डिजाइन वाले धागों की राखियों की मांग ज्यादा है। वैरायटी ज्यादा, ग्राहक अपनी पसंद की राखी तलाश रहेबाजार में इस बार पारंपरिक राखियों के साथ बच्चों के लिए आकर्षक डिजाइन और रंग-बिरंगी राखियों की कई वैरायटी उपलब्ध हैं। दुकानदारों को उम्मीद है कि रक्षाबंधन के नजदीक बाजार में ग्राहकों की संख्या बढ़ेगी और बिक्री में तेजी आएगी। हालांकि महंगाई और जगह-जगह लगी दुकानों के कारण पुराने दुकानदारों को इस बार कारोबार अच्छा रहने की चिंता बनी हुई है।
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने एक अवमानना याचिका पर सुनवाई करते हुए कारागार प्रशासन एवं सुधार विभाग के महानिदेशक/महानिरीक्षक पीसी मीणा के खिलाफ प्रथम दृष्टया अवमानना का मामला बनता हुआ पाया है। अदालत ने मामले में नोटिस जारी करते हुए विपक्षी पक्ष से जवाब तलब किया है। न्यायमूर्ति विकास की एकल पीठ ने यह आदेश याचिकाकर्ता नत्थू सिंह की ओर से दाखिल अवमानना याचिका पर सुनवाई के दौरान पारित किया। याचिकाकर्ता की ओर से अधिवक्ता धनंजय कुमार मिश्रा ने पक्ष रखा। आदेश की अवहेलना का आरोपयाचिका में आरोप लगाया गया कि हाईकोर्ट द्वारा 6 अप्रैल 2026 को पारित आदेश का जानबूझकर पालन नहीं किया गया। इसी आधार पर अवमानना की कार्रवाई की मांग की गई थी। दो बार मांगे गए थे निर्देशअदालत ने अपने आदेश में कहा कि इससे पूर्व 22 जुलाई 2026 और 31 जुलाई 2026 को हुई सुनवाई के दौरान संबंधित अधिकारियों से निर्देश मांगे गए थे। इसके बावजूद अदालत को अपेक्षित जवाब उपलब्ध नहीं कराया गया। मंगलवार को सुनवाई के दौरान अतिरिक्त मुख्य स्थायी अधिवक्ता प्रभूति कांत त्रिपाठी ने अदालत को बताया कि 25 जुलाई और 3 अगस्त 2026 को फैक्स के माध्यम से दो पत्र भेजे गए थे, लेकिन अब तक संबंधित विभाग की ओर से कोई निर्देश प्राप्त नहीं हुआ है। 23 सितंबर को होगी अगली सुनवाईमामले के तथ्यों और प्रस्तुत अभिलेखों पर विचार करने के बाद हाईकोर्ट ने कहा कि प्रथम दृष्टया अवमानना का मामला बनता है। अदालत ने विपक्षी पक्ष को नोटिस जारी करने का निर्देश दिया और मामले की अगली सुनवाई 23 सितंबर 2026 को निर्धारित की है।
जांजगीर-चांपा जिले के अकलतरा के कोटमी सोनार क्षेत्र में पुलिस ने अवैध कच्ची शराब बनाने वालों के खिलाफ कार्रवाई की है। 22 और 23 अगस्त को उद्यान मोहल्ले में पुलिस ने दबिश दी। पुलिस के पहुंचते ही शराब बनाने में शामिल कुछ लोग मौके से फरार हो गए। टीम ने शराब बनाने में इस्तेमाल होने वाली सामग्री को मौके पर ही नष्ट कर दिया। पुलिस को ग्रामीणों से लगातार सूचना मिल रही थी कि, उद्यान मोहल्ले में बड़ी मात्रा में महुआ से कच्ची शराब बनाई जा रही है। बताया गया कि यह मोहल्ला देशी शराब दुकान के पास है। आरोप है कि वन विभाग द्वारा लगाए गए पेड़ों की आड़ में अवैध शराब बनाने का काम किया जा रहा था। एक सप्ताह से लगातार गश्त और दबिश पुलिस सहायता केंद्र कोटमी सोनार की टीम पिछले करीब एक सप्ताह से क्षेत्र में लगातार गश्त और दबिश दे रही है। पुलिस की कार्रवाई के बाद अवैध शराब के कारोबार से जुड़े कुछ लोगों के गांव से चले जाने की भी जानकारी सामने आई है। अवैध शराब और जुए पर कार्रवाई जारी ग्रामीणों के अनुसार, पुलिस सहायता केंद्र में सब इंस्पेक्टर विनोद जाटवर की पदस्थापना के बाद से अवैध शराब बिक्री, शराब कोचियों और जुए के खिलाफ कार्रवाई तेज हुई है। पुलिस की गश्त बढ़ने से अवैध गतिविधियों पर रोक लगाने का प्रयास किया जा रहा है। जनप्रतिनिधियों पर संरक्षण देने का आरोप कुछ ग्रामीणों ने आरोप लगाया है कि कार्रवाई के दौरान कुछ स्थानीय जनप्रतिनिधि अवैध शराब से जुड़े लोगों को संरक्षण देने और पुलिस पर दबाव बनाने का प्रयास करते हैं। हालांकि, इन आरोपों की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हुई है। ग्रामीणों ने मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की है। नशे से दूर रहने के लिए जागरूकता भी पुलिस अधीक्षक विजय कुमार पांडेय के निर्देशन में जिले में नशे के खिलाफ जनजागरूकता अभियान भी चलाया जा रहा है। अवैध शराब बनाने वाले परिवारों को मुख्यधारा से जुड़ने, बच्चों को शिक्षा दिलाने और नशे से दूर रहने के लिए जागरूक किया जा रहा है। ग्रामीणों ने कार्रवाई जारी रखने की मांग की कोटमी सोनार में पुलिस सहायता केंद्र खुलने के बाद गांवों में पुलिस की पहुंच बढ़ी है। पेट्रोलिंग टीम लगातार क्षेत्र में गश्त कर रही है। ग्रामीणों ने अवैध शराब और जुए के खिलाफ कार्रवाई लगातार जारी रखने की मांग की है।
श्रावस्ती में नाबालिग किशोरी को बहला-फुसलाकर भगाने के मामले में फरार चल रहे आरोपी को सिरसिया पुलिस ने करीब 67 दिन बाद गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने आरोपी को बुधवार रात भिनगा बस अड्डे से मुखबिर की सूचना पर पकड़ा। गिरफ्तारी के बाद उसे न्यायालय में पेश करने के लिए भेज दिया गया। पुलिस के मुताबिक, 20 जून 2026 को किशोरी के परिजनों ने सिरसिया थाने में तहरीर दी थी। उन्होंने परसा देवता निवासी भीखू पुत्र हरिभजन पर उनकी नाबालिग बेटी को बहला-फुसलाकर भगाने का आरोप लगाया था। पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर किशोरी की तलाश शुरू की थी। विवेचना के दौरान पुलिस ने किशोरी का मेडिकल परीक्षण कराया और अन्य साक्ष्य जुटाए। मेडिकल रिपोर्ट और जांच में सामने आए तथ्यों के आधार पर मुकदमे में बीएनएस की धारा 64(2)(एम) और पॉक्सो एक्ट की धारा 5(एल)/6 बढ़ाई गईं। इसके बाद से आरोपी लगातार फरार चल रहा था। भिनगा बस अड्डे से गिरफ्तार बुधवार को सिरसिया पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली कि आरोपी भिनगा बस अड्डे पर मौजूद है। सूचना मिलते ही पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर घेराबंदी की और भीखू पुत्र हरिभजन निवासी परसा देवता को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ आवश्यक कानूनी कार्रवाई पूरी करने के बाद उसे न्यायालय भेज दिया। यह कार्रवाई पुलिस अधीक्षक राहुल भाटी के निर्देश पर अपराधियों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत थानाध्यक्ष सौरभ सिंह के नेतृत्व में की गई।
गुरुग्राम के लिए IIT का मेगा प्लान, 1 सेकंड में 80 लीटर पानी पहुंचेगा जमीन के अंदर; नहीं होगा जलभराव
गुरुग्राम में जलभराव की समस्या के स्थायी समाधान के लिए IIT गांधीनगर की टीम ने कमान संभाली है। इसके तहत भूमिगत टैंक और इंजेक्शन वेल के माध्यम से वर्षा जल को जमीन में पहुंचाया जाएगा, जिसकी क्षमता 48-80 लीटर प्रति सेकंड होगी।
अलीगढ़ में झोलाछाप डॉक्टर पर FIR:बिना डिग्री एलोपैथिक इलाज करने का आरोप, स्वास्थ्य विभाग ने पकड़ा
अलीगढ़ में झोलाछाप चिकित्सकों के खिलाफ चल रहे अभियान के बीच स्वास्थ्य विभाग की शिकायत पर बन्नादेवी थाने में एक कथित झोलाछाप के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है। आरोप है कि वह बिना वैध पंजीकरण और जरूरी चिकित्सकीय योग्यता के लोगों का एलोपैथिक पद्धति से इलाज कर रहा था। स्वास्थ्य विभाग के निरीक्षण में मौके पर चिकित्सा कार्य किए जाने के साक्ष्य मिलने के बाद पुलिस ने कार्रवाई की। पुलिस के मुताबिक, मामले में उपमुख्य चिकित्सा अधिकारी और झोलाछाप के खिलाफ अभियान के नोडल अधिकारी डॉ. अमित शर्मा की ओर से शिकायत दी गई थी। इसी शिकायत के आधार पर बन्नादेवी थाने में एफआईआर दर्ज की गई है। 13 अगस्त को स्वास्थ्य विभाग ने किया था निरीक्षण शिकायत के अनुसार, स्वास्थ्य विभाग को सूचना मिली थी कि संबंधित व्यक्ति बिना पंजीकरण और चिकित्सकीय योग्यता के मरीजों का इलाज कर रहा है। इसके बाद 13 अगस्त को टीम ने मौके पर निरीक्षण किया। जांच के दौरान वहां उपचार संबंधी गतिविधियां होती मिलीं। स्वास्थ्य विभाग का दावा है कि मौके पर एलोपैथिक पद्धति से इलाज किए जाने के प्रत्यक्ष साक्ष्य भी मिले। नोटिस देकर मांगे थे दस्तावेज निरीक्षण के बाद स्वास्थ्य विभाग ने संबंधित व्यक्ति को नोटिस जारी किया। इसमें क्लीनिकल पंजीकरण, चिकित्सकीय योग्यता और इलाज से जुड़े जरूरी दस्तावेज उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए थे। विभाग के मुताबिक, दस्तावेजों की जांच के दौरान संबंधित व्यक्ति के चिकित्सा कार्य करने की पात्रता को लेकर सवाल सामने आए। इसके बाद विभाग ने कानूनी कार्रवाई की संस्तुति की। स्वास्थ्य विभाग की शिकायत पर केस दर्ज स्वास्थ्य विभाग ने आरोप लगाया कि संबंधित व्यक्ति बिना वैध पंजीकरण और आवश्यक चिकित्सकीय शैक्षणिक योग्यता के चिकित्सा कार्य कर रहा था। इसी आधार पर बन्नादेवी थाने में उसके खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया गया है। पुलिस मामले की जांच कर रही है। एफआईआर में लगाए गए आरोपों की जांच और उपलब्ध दस्तावेजों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
गुरुग्राम में बंधवाड़ी टोल प्लाजा पर फास्टैग स्कैन न होने के विवाद में एक कार ड्राइवर के साथ मारपीट की गई। इस मामले में ग्वाल पहाड़ी चौकी पुलिस ने दो टोल कर्मियों को गिरफ्तार किया है। यह घटना 24 अगस्त की सुबह फरीदाबाद रोड स्थित बंधवाड़ी टोल पर हुई। सोशल मीडिया पर वायरल हुए एक वीडियो में दो युवक एक व्यक्ति से मारपीट करते और दो अन्य उसे छुड़ाने का प्रयास करते दिख रहे हैं। यहां देखें फोटो… पुलिस ने दो कर्मचारियों को किया अरेस्ट पुलिस जांच में सामने आया कि टोल पर कार का फास्टैग स्कैन नहीं होने के बाद टोल कर्मियों और कार ड्राइवर के बीच कहासुनी हुई। बात बढ़ने पर दो टोल कर्मियों ने ड्राइवर से मारपीट शुरू कर दी, जिससे उसे चोटें आईं। पीड़ित कार चालक की शिकायत पर कार्रवाई करते हुए पुलिस ने टोल पर कार्यरत शौकिंद्र और अभिषेक, निवासी मांगर गांव, फरीदाबाद को 25 अगस्त को गिरफ्तार किया। पुलिस प्रवक्ता संदीप कुमार ने बताया कि दोनों आरोपियों को जांच में शामिल कर शांति भंग और सार्वजनिक व्यवस्था बिगाड़ने से संबंधित धाराओं में निवारक कार्रवाई के तहत जमानत पर छोड़ दिया गया है। मामले में किसी अन्य व्यक्ति की संलिप्तता नहीं पाई गई है।
स्क्रीप्ट चांडिल की, शूटर बिहार-बंगाल के: जानिए निखार सबलोक हत्याकांड की पूरी Inside Story
होटल कारोबारी निखार सबलोक की हत्या अचानक नहीं, बल्कि एक सप्ताह से रची जा रही सुनियोजित साजिश का परिणाम थी। पुलिस जांच में रेकी, शूटरों और फरार कराने वालों की अलग-अलग टीमों का खुलासा हुआ है।
आगरा ग्रामीण विधानसभा क्षेत्र में रक्षाबंधन पर्व से एक दिन पहले समाजवादी पार्टी (सपा) ने महिलाओं को 20 रुपये प्रति किलोग्राम की दर से चीनी वितरित की। यह वितरण महंगाई के विरोध में और त्योहार पर परिवारों को राहत देने के उद्देश्य से किया गया। यह कार्यक्रम रोहता नहर सेमरी पर सपा यूथ ब्रिगेड के जिला अध्यक्ष जितेंद्र सिंह खटीक की ओर से आयोजित किया गया। चीनी लेने के लिए स्थानीय महिलाओं की भीड़ उमड़ी। सपा जिला अध्यक्ष ऊदल सिंह कुशवाहा और यूथ ब्रिगेड जिला अध्यक्ष जितेंद्र सिंह खटीक ने बताया कि रक्षाबंधन बहनों का प्रमुख त्योहार है। बढ़ती महंगाई के कारण त्योहार पर परिवारों का खर्च बढ़ रहा है, जिसे देखते हुए महिलाओं को कम कीमत पर चीनी उपलब्ध कराकर राहत देने का प्रयास किया गया। इस दौरान सपा नेताओं ने महंगाई को लेकर भाजपा सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि चीनी और रोजमर्रा की जरूरत के सामान महंगे होने से गरीब और मध्यम वर्ग के परिवारों को परेशानी हो रही है। नेताओं ने क्षेत्र में स्कूल बंद होने और विकास कार्यों की धीमी गति पर भी चिंता व्यक्त की, साथ ही जलभराव की समस्या का भी जिक्र किया। कार्यक्रम में विमल यादव, इंद्रपाल खटीक, विजय खटीक, राजू खटीक सहित कई अन्य सपा कार्यकर्ता मौजूद रहे।
घाटमपुर में खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम ने छापेमारी की। टीम ने परास गांव में अस्वच्छ परिस्थितियों में तैयार किया जा रहा खोया पकड़ा। जांच के दौरान करीब 200 किलो खोया और 150 लीटर मिश्रित दूध मौके पर ही नष्ट कराया गया। खाद्य सुरक्षा विभाग के अधिकारियों के अनुसार टीम परास गांव पहुंची तो खाद्य कारोबारकर्ता सत्येंद्र सिंह पुत्र जगन्नाथ निवासी परास खोया तैयार करते मिले। निरीक्षण में सामने आया कि स्किम्ड मिल्क पाउडर को पानी में घोलकर खोया बनाया जा रहा था। खोये के निर्माण और भंडारण की स्थिति भी अस्वास्थ्यकर मिली। तैयार खोया कई दिनों से रखा हुआ था। यह खुले में पड़ा था और उसके आसपास मक्खियां मंडरा रही थीं। दूध भी खुले में रखा मिला। 64 हजार रुपए का खोया नष्ट जांच के दौरान करीब 200 किलो खोया मौके पर नष्ट कराया गया। इसकी अनुमानित कीमत करीब 64 हजार रुपए बताई गई। इसके अलावा 150 लीटर मिश्रित दूध भी नष्ट कराया गया, जिसकी कीमत करीब 8,250 रुपए थी। नमूने लेकर जांच के लिए भेजे खाद्य सुरक्षा अधिकारियों ने खोया, मिश्रित दूध और स्किम्ड मिल्क पाउडर के नमूने भी लिए। सभी नमूनों को जांच के लिए प्रयोगशाला भेजा गया है। रिपोर्ट आने के बाद खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम के तहत आगे की कार्रवाई की जाएगी। खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम में क्षेत्रीय खाद्य सुरक्षा अधिकारी राजेश मौजूद रहे। अधिकारियों ने बताया कि रक्षाबंधन के मद्देनजर मिलावटी और अस्वच्छ खाद्य पदार्थों की बिक्री एवं निर्माण के खिलाफ अभियान आगे भी जारी रहेगा। दुकानों और खाद्य निर्माण स्थलों पर लगातार जांच की जाएगी।
जगराओं में बुधवार देर शाम गुरुद्वारा नानकसर के बरसी समारोह से लौट रही दो लड़कियों से मोबाइल छीनने की घटना सामने आई। आरोप है कि बाइक सवार युवकों ने रास्ते में लड़कियों को थप्पड़ मारकर उनके मोबाइल छीन लिए। घटना के बाद गुरुद्वारा साहिब के सेवादारों और स्थानीय लोगों ने बदमाशों का पीछा किया और बस स्टैंड चौक के पास दो युवकों को पकड़ लिया, जबकि उनका एक साथी फरार हो गया। जानकारी के अनुसार, गुरुद्वारा नानकसर में बाबा नंद सिंह जी का बरसी समारोह चल रहा है। बुधवार शाम दो लड़कियां गुरुद्वारा साहिब में माथा टेककर लौट रही थीं। इसी दौरान बाइक सवार युवकों ने उन्हें रास्ते में घेर लिया और कथित तौर पर मारपीट कर मोबाइल छीन लिए। सेवादारों ने घटना देख युवकों का पीछा किया। बस स्टैंड चौक के पास लोगों ने बाइक को घेर लिया। इस दौरान एक युवक बाइक से उतरकर फरार हो गया, जबकि दो युवकों को पकड़ लिया गया। लोगों के अनुसार, पकड़े गए एक युवक की तलाशी में कथित तौर पर सिरिंज मिली। युवक ने नशा करने की बात कही। दूसरे युवक ने वारदात की जानकारी होने से इनकार किया। सूचना पर पहुंची पुलिस ने दोनों को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है। पुलिस फरार आरोपी की तलाश कर रही है।
छत्तीसगढ़ के बालोद में भाजपा सांसद भोजराज नाग ने दावा किया कि उन्होंने बूढ़ादेव, महादेव से प्रार्थना कर नींबू काटा और बारिश रुक गई। उन्होंने यह भी कहा कि कार्यक्रम सफल हो गया, अब पानी गिरना है तो गिरे। वहीं, अब उनके इस बयान का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। भाजपा सांसद के बयान पर कांग्रेस ने निशाना साधा है। कांग्रेस के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष और पूर्व मंत्री मोहन मरकाम ने भोजराज नाग पर तंज कसा। उन्होंने कहा कि अगर नींबू काटकर बारिश रोकने की इतनी शक्ति है, तो अब बस्तर के लोग भी आपकी प्रार्थना का इंतजार कर रहे हैं। मरकाम ने कहा कि बस्तर के कई इलाकों में बारिश की कमी से किसान परेशान हैं और खेतों में पानी की जरूरत है। उन्होंने कहा कि सांसद को बारिश रोकने के बजाय बस्तर में बारिश कराने के लिए प्रार्थना करनी चाहिए। उन्होंने यह भी कहा कि अगर नींबू काटने से बारिश और मौसम की समस्या का समाधान हो सकता है, तो मौसम विभाग, प्रशासन और आपदा प्रबंधन जैसी व्यवस्थाओं की जरूरत ही नहीं पड़ेगी। मरकाम ने कहा कि सांसद जनता के प्रतिनिधि होते हैं और उनसे उम्मीद की जाती है कि वे अपने क्षेत्र की असली समस्याओं को सरकार और संसद के सामने उठाएं।
बारावफात के जुलूस को लेकर आगरा में किए गए रूट डायवर्जन के बावजूद बुधवार को शहर की यातायात व्यवस्था चरमरा गई। दोपहर बाद से ही विभिन्न मार्गों पर वाहनों का दबाव बढ़ने लगा और शाम होते-होते एमजी रोड समेत कई प्रमुख सड़कों पर लंबा जाम लग गया। दिन में हुई बारिश ने हालात और बिगाड़ दिए, जिससे लोगों को आधे घंटे से लेकर एक घंटे तक जाम में फंसे रहना पड़ा। पुलिस प्रशासन ने बारावफात जुलूस के मद्देनजर कई मार्गों पर यातायात डायवर्ट किया था। जुलूस मार्गों और प्रमुख चौराहों पर पुलिस बल की तैनाती भी की गई थी। भारी वाहनों के प्रवेश पर रोक लगाई गई थी, लेकिन वैकल्पिक मार्गों पर बढ़े दबाव के कारण शाम तक यातायात व्यवस्था प्रभावित हो गई। एमजी रोड पर लगी वाहनों की लंबी कतारशहर के सबसे व्यस्त मार्ग एमजी रोड पर करीब दो किलोमीटर लंबा जाम लग गया। भगवान टॉकीज से लेकर सुल्तानगंज पुलिया तक वाहनों की कतारें दिखाई दीं। इसके अलावा बेलनगंज, प्रतापपुरा, सिकंदरा हाईवे और कई अंदरूनी मार्गों पर भी यातायात प्रभावित रहा। प्रमुख चौराहों पर वाहन धीरे-धीरे आगे बढ़ते नजर आए। सुल्तानगंज पुलिया पर सबसे ज्यादा परेशानीशाम के समय सुल्तानगंज पुलिया क्षेत्र में हालात सबसे ज्यादा खराब रहे। यहां वाहन लंबे समय तक रेंगते रहे और लोग जाम से निकलने के लिए वैकल्पिक रास्ते तलाशते दिखाई दिए। कई वाहन चालक करीब आधे घंटे से एक घंटे तक जाम में फंसे रहे। बेलनगंज क्षेत्र में भी वाहनों की लंबी कतारें लगी रहीं। बारिश से बढ़ी मुश्किलदिन में हुई बारिश ने जाम की समस्या को और गंभीर बना दिया। शहर की कई सड़कों पर जलभराव हो गया, जबकि कई स्थानों पर गड्ढों के कारण वाहन धीमी गति से गुजरते रहे। इससे पीछे वाहनों की लंबी लाइन लगती चली गई और यातायात प्रभावित होता गया। 15 मिनट का सफर आधे घंटे में हुआ पूराजाम का असर आम लोगों की दिनचर्या पर भी पड़ा। सामान्य दिनों में 10 से 15 मिनट में पूरा होने वाला सफर लोगों को करीब आधे घंटे या उससे अधिक समय में तय करना पड़ा। शाम तक पुलिस की मौजूदगी और रूट डायवर्जन के बावजूद शहर की यातायात व्यवस्था पूरी तरह दबाव में नजर आई और लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा।
राजगढ़ जिले के खिलचीपुर में बुधवार को ईद-ए-मिलादुन्नबी का जुलूस निकाला गया। इसमें 1500 से ज्यादा लोग शामिल हुए। जुलूस पैगंबर हजरत मोहम्मद के जन्मदिवस के मौके पर निकाला गया। जुलूस दोपहर में मक्का मस्जिद से शुरू हुआ। यहां मुस्लिम समाज के लोग सदर इरफान खान के साथ जुटे। इसके बाद जुलूस तोपखाना गेट, पैलेस रोड, पटवा बाजार, इमली स्टैंड और बस स्टैंड से होते हुए पीर साहब की दरगाह पहुंचा। यहां जुलूस का समापन हुआ। ईद-ए-मिलादुन्नबी पैगंबर हजरत मोहम्मद के जन्मदिवस के रूप में मनाया जाता है। इस मौके पर उनकी शिक्षाओं और संदेशों को याद किया जाता है। तस्वीरें देखें… पुलिस की मौजूदगी में शांतिपूर्ण आयोजन जुलूस को लेकर पुलिस और प्रशासन की टीम तैनात रही। एसडीपीओ धरमवीर नागर, एसडीएम और थाना प्रभारी कमल सिंह गेहलोत सहित पुलिस जवान पूरे मार्ग पर मौजूद रहे। पुलिस की निगरानी में जुलूस शांतिपूर्वक संपन्न हुआ। ----------------- ये खबर भी पढ़ें… 4 बीवियां, पर्दा, तलाक और नमाज के नियम क्यों बनाए:पैगंबर मोहम्मद के जन्मदिन पर जानिए, कैसे वो अपने समय से आगे थे छठी सदी का अरब। छोटे-छोटे कबीलों में बंटे लोग। रातें शराब-शायरी में डूबी रहतीं और दिन जमीन-औरतों के लिए लड़ाइयां करने में फना हो जाते। कबीलाई रंजिशें पीढ़ियों तक चलतीं। पूरी खबर पढ़ें… दैनिक भास्कर को Goog
मार दे सड़क के ऊपर... हत्या के 2 घंटे पहले इंस्टाग्राम पर हरियाणवी सिंगर ने शेयर की थी Video
हरियाणा के सिंगर अंकित बालियान की बुधवार को उत्तर प्रदेश के शामली में गोली मारकर हत्या कर दी गई।
हिसार के ढाणा कलां गांव में 80 कनाल 17 मरले जमीन की निशानदेही बुधवार को प्रशासन द्वारा शांतिपूर्ण तरीके से की गई। संभावित विरोध को देखते हुए मौके पर भारी पुलिस बल तैनात रहा। सदर थाना प्रभारी इंस्पेक्टर सदानंद के नेतृत्व में पुलिसकर्मी मौजूद थे। नायब तहसीलदार सुरेश कुमार भी इस दौरान उपस्थित रहे। यह कार्रवाई उस जमीन को लेकर की गई, जिस पर करीब 100 मकान बने हुए हैं। ग्रामीण लंबे समय से इस जमीन पर बने मकानों को खाली करने की कार्रवाई का विरोध कर रहे हैं। बताया जा रहा है कि यह जमीन पहले फरीदकोट के राजा के नाम थी, जिसे बाद में शिवकुमार सैनी ने खरीदा था। जमीन पर बने निर्माण के बाद चला आ रहा विवाद जमीन पर निर्माण होने के बाद से इसे खाली करवाने को लेकर विवाद चला आ रहा है। इससे पहले भी प्रशासन ने दो-तीन बार कब्जा दिलाने का प्रयास किया था, लेकिन ग्रामीणों के विरोध के कारण उन्हें लौटना पड़ा था। बुधवार को प्रशासन ने पहले जमीन की निशानदेही कर मौके की वास्तविक स्थिति स्पष्ट करने की प्रक्रिया शुरू की। अब प्रशासन की नजर जमीन की पैमाइश की रिपोर्ट पर है। पैमाइश के बाद जमीन की वास्तविक स्थिति और मौके पर बने निर्माण को लेकर स्थिति स्पष्ट होगी, जिसके आधार पर प्रशासन आगामी कार्रवाई तय करेगा। फिलहाल निशानदेही शांतिपूर्ण तरीके से पूरी होने के बाद प्रशासन ने राहत की सांस ली है। पुलिस द्वारा भी क्षेत्र में निगरानी रखी जा रही है।
नगर निगम आम चुनाव 2026 को लेकर तैयारियां अंतिम चरण में पहुंच गई हैं। नगर निकाय चुनाव के लिए नाम निर्देशन पत्र गुरुवार से नगर निगम कार्यालय में जमा होना शुरू होंगे। नगर निगम चुनाव के रिटर्निंग अधिकारी शैलेन्द्र सिंह ने बताया कि नाम निर्देशन पत्र राजकीय अवकाश को छोड़कर निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार प्रतिदिन सुबह 10.30 बजे से दोपहर 3 बजे तक लिए जाएंगे। नामांकन प्रक्रिया में किसी प्रकार की परेशानी नहीं हो, इसके लिए सभी आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित की गई हैं। नगर निगम पाली के कुल 65 वार्डों को पांच जोन में बांटा गया है। प्रत्येक जोन में निर्धारित वार्डों के पार्षद पद के उम्मीदवारों के नाम निर्देशन पत्र संबंधित रिटर्निंग एवं सहायक रिटर्निंग अधिकारियों की ओर से प्राप्त किए जाएंगे। इससे प्रत्याशियों को अपने वार्ड के अनुसार निर्धारित स्थान पर नामांकन जमा करवाने की सुविधा मिलेगी। प्रथम जोन में वार्ड संख्या 1 से 13 तक के नाम निर्देशन पत्र रिटर्निंग अधिकारी शैलेन्द्र सिंह की ओर से लिए जाएंगे। द्वितीय जोन में वार्ड संख्या 14 से 26 तक के आवेदन विशेषाधिकारी कार्यालय निर्वाचन अधिकारी बिरजू गोपाल प्राप्त करेंगे। तृतीय जोन में वार्ड संख्या 27 से 39 तक के नाम निर्देशन पत्र सहायक रिटर्निंग अधिकारी एवं उपखंड अधिकारी विमलेन्द्र सिंह राणावत की ओर से लिए जाएंगे। चतुर्थ जोन में वार्ड संख्या 40 से 52 तक के आवेदन पाली तहसीलदार सुनील कुमार प्राप्त करेंगे। वहीं पंचम जोन में वार्ड संख्या 53 से 65 तक के नाम निर्देशन पत्र उप पंजीयक प्रथम शिवजीराम बावरी की ओर से लिए जाएंगे। बता दें कि पाली नगर निगम में 9 सितंबर के बजाए अब 11 सितंबर को वोटिंग होगी। जैन समाज के पर्युषण महापर्व के चलते वोटिंग डेट में बदलाव किया गया है। प्रत्याशियों की सुविधा के लिए बनाई हेल्प डेक्स सहायक रिटर्निंग अधिकारी एवं उपखंड अधिकारी विमलेन्द्र सिंह राणावत ने बताया कि नगर निगम चुनाव में नाम निर्देशन पत्र जमा करवाने वाले प्रत्याशियों को किसी प्रकार की असुविधा नहीं हो, इसके लिए हेल्प डेस्क की व्यवस्था की गई है। हेल्प डेस्क के माध्यम से प्रत्याशियों को नामांकन प्रक्रिया, आवश्यक दस्तावेजों एवं आवेदन से संबंधित जानकारी उपलब्ध करवाई जाएगी। इधर भाजपा-कांग्रेस भी जुटे टिकट फाइनल करने मेंइधर भाजपा और कांग्रेस पार्टी भी निकाय के सभी 65 वार्डों से टिकट फाइनल करने में जुटे हुए है। ताकि जीताऊ प्रत्याशी को चुनावी मैदान में उतार सके। प्रदेश अध्यक्ष कांग्रेस सेवादल हेमसिंह शेखावत बुधवार को पाली आए। उन्होंने कांग्रेस भवन में संभावित प्रत्याशियों से आवेदन भी लिए। इस दौरान बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यालय में भीड़ लगी रही। इधर मंगलवार को भाजपा की ओर से भी
नर्मदापुरम जिले के पचमढ़ी 17 साल की नाबालिग से गैंगरेप के मामले में बुधवार को लोगों का आक्रोश सामने आया। पुलिस तीनों आरोपियों को पिपरिया कोर्ट ले जा रही थी। इसी दौरान पचमढ़ी में आक्राशित लोग पुलिस वाहन के सामने आ गए। लोगों ने आरोपियों को वाहन से उतारने और उनका जुलूस निकालने की मांग की। पुलिसकर्मियों ने लोगों को रोकने की कोशिश की। इस दौरान कुछ लोगों की वर्दीधारी जवानों से झूमाझटकी हो गई। भीड़ के आक्रोश को देखते हुए पुलिस को आरोपियों को वाहन से उतारना पड़ा। थाना पुलिस उन्हें कुछ दूर तक पैदल लेकर गई। पुलिस वाहन रोकने और आरोपियों का जुलूस निकालने की मांग का वीडियो भी सामने आया है। इसके बाद पुलिस आरोपियों को पिपरिया कोर्ट लेकर पहुंची। कोर्ट ने तीनों आरोपियों को जेल भेजने के आदेश दिए। घटनास्थल से रस्सी और कपड़े बरामदपुलिस ने मंगलवार को तीनों आरोपियों को एक दिन की रिमांड पर लिया था। पुलिस को मामले से जुड़े साक्ष्य जुटाने थे। बुधवार सुबह पुलिस आरोपियों को घटनास्थल पर लेकर पहुंची। झाड़ियों से रस्सी और आरोपियों के कपड़े बरामद किए गए। मौके पर सीन रिक्रिएशन भी कराया गया। पुलिस के मुताबिक इसी जगह जिप्सी में आरोपियों ने पीड़िता के दोस्त को रस्सी से बांधा था। टैक्सी चालक संघ ने भी जताया विरोधआरोपियों को कोर्ट ले जाते समय बड़ी संख्या में लोग जमा हो गए। पचमढ़ी टैक्सी चालक संघ ने भी घटना का विरोध किया। संघ ने आरोपियों को कड़ी सजा देने की मांग की। टैक्सी संघ के अध्यक्ष अनुराग अग्रवाल ने स्पष्ट किया कि तीनों आरोपियों का संघ से कोई संबंध नहीं है। उन्होंने बताया कि दो आरोपी टैक्सी संघ की जिप्सियां नहीं चलाते थे। वे होटल में काम करते थे। तीसरा आरोपी निजी जिप्सी चलाता था। उसकी जिप्सी भी यूनियन से जुड़ी नहीं है। पुलिस ने गंभीर धाराओं में केस दर्ज कियापुलिस के अनुसार मामले में पॉक्सो एक्ट सहित अन्य गंभीर धाराओं में केस दर्ज है। मामले की जांच जारी है। एएसपी अभिषेक राजन ने बताया कि तीनों आरोपियों को पुलिस रिमांड पर लिया गया था। बुधवार को उन्हें कोर्ट में पेश किया गया। कोर्ट ने तीनों को जेल भेज दिया। टैक्सी संघ ने कहा कि घटना से पचमढ़ी की छवि प्रभावित हुई है। संघ ने ऐसे मामलों में दोषियों को सख्त सजा देने की मांग की है। आरोपी- एक जिप्सी ड्राइवर, दूसरा होटल कर्मचारी पुलिस के मुताबिक गैंगरेप के तीनों आरोपी बनखेड़ी क्षेत्र के रहने वाले है, जिसमें हरिओम कुशवाह वर्तमान में नालंदा टोला पचमढ़ी में रहता है। जो अपने भाई की जिप्सी चलाता था। जिप्सी यूनियन में उसकी गाड़ी रजिस्टर्ड नहीं है। दूसरा आरोपी पवन बंसल की पचमढ़ी में ससुराल है। वो और अभिषेक वंशकार भी काम करता है। पुलिस ने अपराध में उपयोग जिप्सी को भी जब्त कर लिया है। रस्सी को घटना स्थल के पास से और आरोपियों के कपड़ों को अलग अलग स्थान से जब्त है। लोगों की पहचान कर अपराध दर्ज करेंगे एएसपी अभिषेक राजन ने बताया रेप के तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर सामान जब्त करने के लिए रिमांड पर लिया था। बुधवार को कोर्ट ले जाने के दौरान कुछ लोगों ने गाड़ी रोकी। वीडियो के आधार पर उनकी पहचान की जा रही है। जिनके खिलाफ शासकीय कार्य में बाधा का अपराध दर्ज करेंगे। यह खबर भी पढ़ें… एमपी के पचमढ़ी में नाबालिग छात्रा से गैंगरेप मध्य प्रदेश के पचमढ़ी में नाबालिग छात्रा (17) से गैंगरेप का मामला सामने आया है। पुलिस ने स्थानीय जिप्सी ड्राइवर और 2 युवकों को हिरासत में लिया है। इन पर पीड़िता के दोस्त को बंधक बनाकर वारदात को अंजाम देने का आरोप है। पूरी खबर पढ़ें…
बेमेतरा जिले के दाढ़ी थाना क्षेत्र के हेमाबंद गांव में गौवंश तस्करी और पशु क्रूरता के मामले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस ने एक बाड़े से 105 गौवंश बरामद किए हैं। आरोप है कि इन्हें बिना पर्याप्त चारा-पानी और उचित व्यवस्था के ठूंस-ठूंसकर रखा गया था। मामले में पुलिस ने दिलीप राय (55) और उसके बेटे संजय राय (35) को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया है। पुलिस के मुताबिक, हेमाबंद निवासी दिलीप राय के बाड़े में बड़ी संख्या में गौवंश रखे जाने की शिकायत मिली थी। जांच के दौरान पुलिस को मौके पर गौवंशों के लिए पर्याप्त चारा-पानी और उचित व्यवस्था नहीं मिली। पूछताछ में आरोपी दिलीप राय ने गौवंशों की उचित देखरेख नहीं होने की बात स्वीकार की। पुलिस के अनुसार, उसका बेटा संजय राय भी इस काम में शामिल था। बीमार-मृत पशुओं को सुनसान जगह फेंकने का आरोप जांच में पुलिस को यह भी जानकारी मिली कि बीमार या मृत गौवंशों के लिए इलाज अथवा उचित व्यवस्था करने के बजाय उन्हें ट्रैक्टर में भरकर गांव से बाहर सुनसान स्थान पर फेंक दिया जाता था। पुलिस ने इस संबंध में भी साक्ष्य जुटाकर जांच आगे बढ़ाई है। 9 गौवंश गंभीर हालत में मिले कार्रवाई के दौरान पुलिस ने कुल 105 गौवंश जब्त किए। सभी का स्वास्थ्य परीक्षण कराया गया। इनमें 9 गौवंश की हालत गंभीर पाई गई, जिन्हें बेहतर उपचार के लिए दूसरे स्थान पर भेजा गया है। वहीं, अन्य गौवंशों को सुरक्षित रखने के लिए जिले की अलग-अलग गौशालाओं में भेजा गया है। पशु क्रूरता अधिनियम के तहत केस पुलिस ने दोनों आरोपियों के खिलाफ पशु क्रूरता निवारण अधिनियम सहित संबंधित धाराओं में अपराध दर्ज किया है। विवेचना के दौरान मामले में कुछ अन्य धाराएं भी जोड़ी गई हैं। पुलिस ने दिलीप राय और संजय राय को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया, जहां से दोनों को न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया। मामले की आगे जांच जारी है।
भैंस किसकी? गया में मालिकाना हक का विवाद पहुंचा IG विकास वैभव तक, DNA और ईयर टैग से खुलेगा राज
गया के अतरी प्रखंड में एक भैंस के मालिकाना हक को लेकर दो गांवों के लोगों के बीच विवाद मगध रेंज के आईजी तक पहुंचा है। मामले की जांच ग्रामीण एसपी को सौंपी गई है, जिसमें डीएनए और ईयर टैग से असली मालिक का पता लगाने पर विचार हो रहा है।
KU UG Admission 2026: चांसलर पोर्टल के पंजीकृत छात्रों के लिए 5 सितंबर तक बढ़ी नामांकन की तिथि
कोल्हान विश्वविद्यालय ने चार वर्षीय स्नातक सत्र 2026-30 में रिक्त सीटों पर नामांकन की अंतिम तिथि 5 सितंबर तक बढ़ा दी है। यह मौका केवल उन छात्रों को मिलेगा जिन्होंने चांसलर पोर्टल पर पहले आवेदन किया था।
करनाल में हरियाणा पुलिस द्वारा आयोजित ऑल इंडिया पुलिस बास्केटबॉल प्रतियोगिता का बुधवार को समापन हो गया। समापन समारोह में करनाल मंडल के पुलिस महानिरीक्षक अशोक कुमार मुख्य अतिथि के रूप में पहुंचे और खिलाड़ियों का उत्साह बढ़ाया। प्रतियोगिता में 13 टीमों ने हिस्सा लिया, जिनमें 9 पुरुष और 4 महिला टीमें शामिल थीं। महिला वर्ग में करनाल रेंज ने पहला और प्रशिक्षण रेंज ने दूसरा स्थान हासिल किया, जबकि पुरुष वर्ग में एचएपी प्रथम और संयुक्त रेंज दूसरे स्थान पर रही। खेल से स्वास्थ्य के साथ अनुशासन भी मजबूत होता है : आईजी आईजी अशोक कुमार ने खिलाड़ियों को बधाई देते हुए कहा कि खेल पुलिस कर्मचारियों के शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य के लिए बेहद जरूरी हैं। खेलों से अनुशासन, आत्मविश्वास, नेतृत्व क्षमता और टीम भावना विकसित होती है। उन्होंने कहा कि पुलिसकर्मियों के लिए खेल सिर्फ जीत-हार या प्रतिस्पर्धा का माध्यम नहीं हैं, बल्कि स्वस्थ और तनावमुक्त जीवनशैली का भी महत्वपूर्ण हिस्सा हैं। उन्होंने कहा कि आने वाले दिनों में अखिल भारतीय पुलिस खेल प्रतियोगिताएं आयोजित होनी हैं। इन्हीं को ध्यान में रखते हुए खिलाड़ियों और टीमों को तैयार किया जा रहा है। बास्केटबॉल के साथ-साथ वॉलीबॉल की टीमें भी तैयार की गई हैं। हरियाणा की टीमों को पदक के लिए तैयार किया जा रहा आईजी अशोक कुमार ने बताया कि मुख्यमंत्री हरियाणा ने खेलों के संबंध में पुलिस महानिदेशक हरियाणा को निर्देश दिए थे। इसके बाद उन्हें इन खेलों की जिम्मेदारी सौंपी गई। उनका उद्देश्य हरियाणा की टीमों को आगामी अखिल भारतीय पुलिस खेलों के लिए बेहतर तरीके से तैयार करना है, ताकि प्रदेश की टीमें अच्छा प्रदर्शन कर पदक जीत सकें। उन्होंने युवाओं से ज्यादा से ज्यादा खेलों में भाग लेने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि खेल युवाओं को नशे से दूर रखने के साथ उनका स्वास्थ्य भी बेहतर बनाते हैं। ओलिंपिक में अच्छा प्रदर्शन करने वाले खिलाड़ियों को सरकार प्रोत्साहित करती है। इससे खिलाड़ियों की आर्थिक स्थिति मजबूत होने के साथ उन्हें रोजगार के अवसर भी मिलते हैं। उन्होंने भारतीय खिलाड़ी नीरज चोपड़ा का उदाहरण भी दिया। हार-जीत से ज्यादा जरूरी खेल भावना आईजी ने कहा कि हार और जीत खेल का हिस्सा हैं, लेकिन खेल भावना, अनुशासन और लगातार बेहतर प्रदर्शन करने की कोशिश ही खिलाड़ी की असली पहचान है। उन्होंने खिलाड़ियों से मैदान में सीखी टीम भावना और अनुशासन को पुलिस ड्यूटी में भी अपनाने का आह्वान किया। प्रतियोगिता के दौरान खिलाड़ियों ने शानदार खेल प्रतिभा, उत्साह और खेल भावना का प्रदर्शन किया। समापन समारोह में अशोक कुमार ने विजेता और उपविजेता टीमों को ट्रॉफी एवं पुरस्कार देकर सम्मानित किया और उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। समारोह में पुलिस विभाग के वरिष्ठ अधिकारी, आयोजन समिति के सदस्य, प्रशिक्षक और बड़ी संख्या में पुलिस कर्मचारी मौजूद रहे।
मध्य प्रदेश क्रिकेट संगठन (एमपीसीए) का वार्षिक पुरस्कार वितरण समारोह बुधवार को ब्रिलियंट कन्वेंशन सेंटर में आयोजित किया गया। समारोह में प्रदेश के पुरुष और महिला क्रिकेटरों को उनके शानदार प्रदर्शन के लिए 2.94 करोड़ रुपये से ज्यादा की पुरस्कार राशि प्रदान की गई। कार्यक्रम में पूर्व अंतरराष्ट्रीय क्रिकेटर और आईसीसी मैच रेफरी जवागल श्रीनाथ तथा केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया मुख्य रूप से मौजूद रहे। एमपीसीए की ओर से हर साल विभिन्न आयु वर्ग और श्रेणियों में बेहतर प्रदर्शन करने वाले खिलाड़ियों को पुरस्कृत किया जाता है। इस बार गत सत्र में खिलाड़ियों के प्रदर्शन के आधार पर पुरस्कार वितरित किए गए। समारोह में प्रदेश के बड़ी संख्या में पूर्व और वर्तमान क्रिकेटर, एमपीसीए पदाधिकारी और सदस्य शामिल हुए। सभी खिलाड़ी एमपी के हैं। इनमें वरिष्ठ क्रिकेटर, कोच व जूनियर खिलाड़ी भी शामिल हैं। बीसीसीआई के साथ एमपीसीए भी देता है पुरस्कार बीसीसीआई के टूर्नामेंट में खिलाड़ियों और टीम के प्रदर्शन के आधार पर बोर्ड की ओर से पुरस्कार राशि दी जाती है। इसी तरह एमपीसीए भी अपनी ओर से खिलाड़ियों को प्रोत्साहन राशि देता है। पुरस्कार की राशि टीम और व्यक्तिगत प्रदर्शन के आधार पर तय की जाती है। गत सत्र में मध्यप्रदेश की टीम कूच बिहार ट्रॉफी की विजेता रही थी, जबकि महिला सीनियर टीम उपविजेता रही। इन उपलब्धियों के आधार पर बीसीसीआई की ओर से भी मध्यप्रदेश को करीब 50 लाख रुपये की पुरस्कार राशि मिली थी। एमपीसीए की ओर से इस बार कुल 2.94 करोड़ रुपए से अधिक की राशि खिलाड़ियों को प्रदान की गई। समारोह के दौरान खिलाड़ियों को पुरस्कार प्रदान कर उनका उत्साहवर्धन किया गया। एमपीसीए पदाधिकारियों ने खिलाड़ियों के प्रदर्शन की सराहना करते हुए भविष्य में भी प्रदेश के क्रिकेट को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाने की उम्मीद जताई। पुरस्कारों में वरिष्ठ खिलाड़ियों से लेकर जूनियर क्रिकेटरों तक को नकद राशि और सिल्वर प्लाक दिए गए। सबसे बड़े व्यक्तिगत पुरस्कारों में माधवराव सिंधिया लाइफटाइम अचीवमेंट अवॉर्ड प्रशांत मेहता और सी.टी. सरवटे लाइफटाइम अचीवमेंट अवॉर्ड आनंद पटेल को दिया गया। दोनों को 5-5 लाख रुपए और सिल्वर प्लाक प्रदान किए गए।
नेपाल में बाढ़ के बाद गोरखपुर प्रशासन अलर्ट:डीएम बोले- गोरखपुर में खतरा नहीं, कुशीनगर भेजी गई NDRF
नेपाल में फ्लैश फ्लड के कारण भारी तबाही की खबरों के बाद गोरखपुर प्रशासन भी अलर्ट हो गया है। नेपाल में बड़ी मात्रा में पानी जमा होने के कारण इसका असर गंडक नदी के जलप्रवाह पर पड़ने की संभावना जताई जा रही है। इसे देखते हुए गोरखपुर और आसपास के जिलों में नदियों के जलस्तर पर लगातार नजर रखी जा रही है। हालांकि, गोरखपुर के लिए फिलहाल राहत की बात है। जिलाधिकारी दीपक मीणा ने बताया कि जिले में अभी बाढ़ जैसी खतरे की स्थिति नहीं है। राप्ती नदी का जलस्तर काफी नीचे है और घाघरा नदी में भी पानी लगातार कम हो रहा है। ऐसे में लोगों को घबराने की जरूरत नहीं है। कुशीनगर में सेंसिटिविटी को देखते हुए एनडीआरएफ की टीम को भेज दिया गया है। गंडक नदी पर रहेगा प्रशासन का विशेष फोकस जिलाधिकारी ने बताया कि नेपाल में आई फ्लैश फ्लड का असर मुख्य रूप से गंडक नदी में दिखाई दे सकता है। नेपाल में बड़ी मात्रा में पानी जमा होने और वहां नुकसान होने की सूचना है। ऐसे में गंडक नदी के जलस्तर में बढ़ोतरी की संभावना को देखते हुए प्रशासन लगातार स्थिति पर नजर रख रहा है। गोरखपुर के साथ ही पड़ोसी जिले कुशीनगर पर भी विशेष निगरानी रखी जा रही है। गंडक नदी का प्रभाव कुशीनगर में अधिक दिखाई देने की संभावना है। जरूरत पड़ने पर वहां राहत और बचाव के लिए अतिरिक्त टीमें भेजी जाएंगी। राप्ती और घाघरा का पानी घट रहा गोरखपुर में फिलहाल राप्ती और घाघरा नदी को लेकर स्थिति राहत देने वाली है। जिलाधिकारी के अनुसार राप्ती नदी का पानी काफी कम है, जबकि घाघरा नदी का जलस्तर भी नीचे जा रहा है। इससे जिले में बाढ़ का तत्काल कोई खतरा नहीं है। प्रशासन का कहना है कि नदियों के जलस्तर की लगातार निगरानी की जा रही है। अगर पानी अचानक बढ़ता है तो समय रहते लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने और राहत कार्य शुरू करने की तैयारी है। सात गांव पहले हुए थे प्रभावित जिले में पहले बड़हलगंज क्षेत्र के छह गांव और खजनी क्षेत्र का एक गांव प्रभावित हुआ था। इन इलाकों में रहने वाले परिवारों को प्रशासन की ओर से राहत सामग्री उपलब्ध कराई गई थी। जरूरतमंद परिवारों को राशन किट भी वितरित की गई। प्रशासन के अनुसार अब इन प्रभावित इलाकों में भी पानी धीरे-धीरे कम हो रहा है। इससे लोगों को राहत मिल रही है। हालांकि, स्थिति पूरी तरह सामान्य होने तक प्रशासन इन क्षेत्रों पर नजर बनाए रखेगा। प्रभावित क्षेत्रों में मेडिकल टीमों की निगरानी बाढ़ और जलभराव वाले इलाकों में बीमारी फैलने की आशंका को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग को भी सतर्क किया गया है। प्रभावित क्षेत्रों में मेडिकल टीमों को कैंप करने के निर्देश दिए गए हैं। स्वास्थ्य विभाग की टीमें लोगों की स्वास्थ्य संबंधी जरूरतों पर नजर रख रही हैं। प्रशासन का कहना है कि किसी भी क्षेत्र में स्वास्थ्य संबंधी समस्या सामने आने पर तत्काल चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी। एनडीआरएफ, एसडीआरएफ और पीएसी अलर्ट संभावित बाढ़ की स्थिति से निपटने के लिए एनडीआरएफ, एसडीआरएफ और पीएसी को अलर्ट रहने के निर्देश दिए गए हैं। टीमों को जरूरी संसाधनों के साथ तैयार रहने को कहा गया है। प्रशासन की तैयारी है कि अगर किसी इलाके में अचानक पानी बढ़ता है या बाढ़ जैसी स्थिति बनती है तो राहत और बचाव कार्य में देरी न हो। जरूरत पड़ने पर लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया जाएगा। कुशीनगर में भेजी गई एनडीआरएफ टीम नेपाल में फ्लैश फ्लड और गंडक नदी पर संभावित प्रभाव को देखते हुए कुशीनगर की स्थिति को संवेदनशील माना जा रहा है। इसी को देखते हुए एनडीआरएफ की टीम को कुशीनगर भेज दिया गया है। प्रशासन कुशीनगर में गंडक नदी के जलस्तर और आसपास के इलाकों की स्थिति पर भी नजर रख रहा है। किसी भी तरह की आपात स्थिति सामने आने पर राहत और बचाव टीमों को तत्काल सक्रिय किया जाएगा। गोरखपुर में किसी नागरिक के लापता होने की सूचना नहीं जिलाधिकारी दीपक मीणा ने स्पष्ट किया कि अभी तक गोरखपुर जिले के किसी नागरिक के लापता होने की सूचना प्रशासन को नहीं मिली है। उन्होंने कहा कि प्रशासन लगातार प्रभावित और संवेदनशील क्षेत्रों की निगरानी कर रहा है। अगर किसी व्यक्ति के लापता होने, फंसने या किसी परिवार को बाढ़ अथवा जलभराव के कारण परेशानी होने की सूचना मिलती है तो प्रशासन तत्काल मदद पहुंचाएगा। लोगों से नदी किनारे नहीं जाने की अपील प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि नदी और बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में अनावश्यक रूप से न जाएं। खासकर बच्चे और बुजुर्ग नदी के किनारे जाने से बचें। लोगों से प्रशासन की ओर से जारी दिशा-निर्देशों का पालन करने को कहा गया है। किसी भी तरह की आपात स्थिति होने पर तत्काल संबंधित अधिकारियों को सूचना देने की अपील की गई है, ताकि समय रहते राहत और बचाव कार्य शुरू किया जा सके। फिलहाल घबराने की जरूरत नहीं जिलाधिकारी ने कहा कि गोरखपुर में फिलहाल चिंता की कोई स्थिति नहीं है। राप्ती और घाघरा का पानी घट रहा है और प्रशासन नदियों के जलस्तर पर लगातार नजर रख रहा है। नेपाल में फ्लैश फ्लड के कारण गंडक नदी में संभावित बदलाव को देखते हुए प्रशासन पूरी तरह सतर्क है। अधिकारियों और राहत-बचाव टीमों को तैयार रखा गया है।
इस बार रक्षाबंधन पर भाई-बहन के स्नेह के साथ पर्यावरण संरक्षण का संदेश भी मिलेगा। बलौदाबाजार जिले में बिहान योजना से जुड़ी स्व-सहायता समूह की महिलाएं धान, चावल और सब्जियों के बीजों से राखियां तैयार कर रही हैं। खास बात यह है कि इन राखियों की बिक्री से महिलाओं को अतिरिक्त आमदनी भी हो रही है। ग्राम लाहोद की महिलाएं खास तरह की बीज राखियां बना रही हैं। इनमें धान, चावल, लौकी, करेला और सेमी जैसे स्थानीय बीजों का इस्तेमाल किया जा रहा है। राखी बांधने के बाद इन बीजों को मिट्टी में बोकर पौधे भी तैयार किए जा सकते हैं। कलेक्टर समेत अफसरों ने खरीदी राखियां मंगलवार को बिहान समूह की महिलाओं ने संयुक्त जिला कार्यालय में बीज राखियों की बिक्री के लिए स्टॉल लगाया। स्टॉल का निरीक्षण करने पहुंचे कलेक्टर कुलदीप शर्मा, एसपी गौरव राय, डीएफओ पंकज कुमार कमल और जिला पंचायत सीईओ दिव्या अग्रवाल को महिलाओं ने अपने हाथों से बनाई बीज राखियां पहनाईं। महिलाओं की आय का जरिया बनी बीज राखी बीज राखियां तैयार करने और बेचने से स्व-सहायता समूह की महिलाओं को अतिरिक्त आय मिल रही है। इससे महिलाओं को अपने हुनर का उपयोग कर आत्मनिर्भर बनने का मौका भी मिल रहा है। कलेक्टर ने की पहल की सराहना कलेक्टर कुलदीप शर्मा ने महिलाओं की इस पहल की सराहना की। उन्होंने कहा कि, मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की मंशा के अनुरूप महिलाओं को नवाचार और आजीविका से जोड़ने के प्रयास किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि बीज राखी महिलाओं के हुनर और आत्मनिर्भरता के साथ पर्यावरण संरक्षण का भी संदेश देती है।
नई दिल्ली-भुवनेश्वर राजधानी एक्सप्रेस का बदला मार्ग: 4 और 11 अक्टूबर को गया के रास्ते जाएगी ट्रेन
चक्रधरपुर मंडल में नान इंटरलाकिंग कार्य के कारण नई दिल्ली-भुवनेश्वर राजधानी एक्सप्रेस (20818) का मार्ग 4 और 11 अक्टूबर 2026 को बदला जाएगा। यह ट्रेन गोमोह-आद्रा-मेदिनीपुर-हिजली-भद्रक-कटक के रास्ते भुवनेश्वर पहुंचेगी; यात्रियों को यात्रा से पहले स्थिति जांचने की सलाह दी गई है।
जबलपुर जिले के भड़पुरा घाट में बुधवार को नर्मदा नदी में स्नान करने के दौरान महाराष्ट्र से आए पिता-पुत्र गहरे पानी में डूब गए। हादसे के बाद घाट पर अफरा-तफरी मच गई। सूचना मिलते ही पुलिस और स्थानीय प्रशासन की टीम मौके पर पहुंची और राहत एवं बचाव कार्य शुरू किया। बताया जा रहा है कि महाराष्ट्र निवासी 34 वर्षीय गणेश पाटिल और उनका 10 वर्षीय बेटा लकी पाटिल भड़पुरा आश्रम दर्शन के लिए आए थे। दोनों नर्मदा नदी में स्नान कर रहे थे, इसी दौरान वे गहरे पानी में चले गए और डूबने लगे। हादसा होते ही घाट पर मौजूद लोगों ने पिता-पुत्र को बचाने की कोशिश की, लेकिन नदी की गहराई और तेज बहाव के कारण उन्हें सफलता नहीं मिली। घटना की जानकारी पुलिस को दी गई, जिसके बाद पुलिस और प्रशासन की टीम मौके पर पहुंची। फिलहाल पुलिस और स्थानीय प्रशासन की टीम द्वारा नर्मदा नदी में पिता-पुत्र की तलाश के लिए रेस्क्यू अभियान चलाया जा रहा है। नदी के तेज बहाव के कारण बचाव दल को भी मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है। हादसे के बाद घाट पर बड़ी संख्या में लोग जमा हो गए। महाराष्ट्र से किसान परिवार हैं चरगवा थाना प्रभारी सरोजिनी चौकसे ने बताया कि गणेश पाटिल मूलत: महाराष्ट्र के रहने वाले हैं और खेती किसानी करते हैं। मंगलवार को तीन परिवार के तकरीबन 15 सदस्य स्नानद आश्रम दर्शन करने के लिए पहुंचे थे। आज शाम तकरीबन 6:00 बजे आश्रम के पास से ही बह रही नर्मदा नदी में कुछ बच्चे खेल रहे थे। इसी दौरान अचानक ही लकी पटेल का पैर फिसल गया और वह नदी में गिर गया बच्चे को बेहतर देख पिता गणेश ने भी पानी में छलांग लगा दी इसके बाद देखते ही देखते दोनों गहरे पानी में समा गए। पिता पुत्र को पानी में बहता देख आसपास लोग मौजूद ने शोर मचाना शुरू कर दिया कुछ ही देर बाद चारगांव थाना प्रभारी टीम के साथ मौके पर पहुंची और स्थानीय गोताखोरों के साथ मिलकर रेस्क्यू करना शुरू कर दिया, लेकिन नर्मदा नदी में पानी का बहाव तेज होने के चलते पिता पुत्र का पता नहीं चल पाया। इसके बाद एसडीआरएफ की टीम मौके पर पहुंची और काफी देर तक पिता पुत्र को तलाश करते रहे लेकिन दोनों ही नहीं मिल पाए अंधेरा होने के कारण फिलहाल रेस्क्यू को रोक दिया गया है। (खबर लगातार अपडेट हो रही है।)
निकाय चुनाव में 50% टिकट युवाओं को देगी कांग्रेस:पर्यवेक्षक दिनेश सूड़ा ने दावेदारों से किया संवाद
हनुमानगढ़ में निकाय चुनाव को लेकर कांग्रेस ने अपनी चुनावी तैयारियां तेज कर दी हैं। बुधवार को जंक्शन स्थित अरिहंत भवन में चुनाव पर्यवेक्षक दिनेश सूड़ा ने विभिन्न वार्डों से टिकट के दावेदारों और कार्यकर्ताओं से वन-टू-वन संवाद किया। उन्होंने दावेदारों से उनकी दावेदारी के साथ-साथ वार्डों में संगठन की स्थिति और चुनावी माहौल का फीडबैक लिया। सुबह से शाम तक चले कार्यक्रम में अलग-अलग वार्डों से आए दावेदारों ने पर्यवेक्षक से व्यक्तिगत मुलाकात की। इस दौरान अरिहंत भवन में कार्यकर्ताओं और टिकट के दावेदारों की आवाजाही बनी रही। फीडबैक के आधार पर तैयार होगी रिपोर्ट दावेदारों और कार्यकर्ताओं से मुलाकात के बाद दिनेश सूड़ा ने मीडिया से बातचीत में कहा कि कांग्रेस निकाय चुनाव पूरी मजबूती के साथ लड़ेगी। उन्होंने दावा किया कि पार्टी राजस्थान के सभी निकायों में प्रचंड बहुमत के साथ बोर्ड बनाने की दिशा में काम कर रही है। सूड़ा ने कहा कि हनुमानगढ़ में कार्यकर्ताओं का उत्साह और सक्रियता पार्टी की चुनावी तैयारियों को स्पष्ट रूप से दिखाती है। पूरे दिन मिले फीडबैक के आधार पर विस्तृत रिपोर्ट तैयार कर बुधवार शाम तक प्रदेश कांग्रेस कमेटी को भेजी जाएगी। युवाओं को 50% से ज्यादा टिकट देने पर जोर युवा चेहरों पर कांग्रेस का फोकस इस बार पार्टी की चुनावी रणनीति का अहम हिस्सा बताया जा रहा है। सूड़ा ने कहा कि संगठन और चुनावी प्रक्रिया में युवाओं को अधिक अवसर देने पर विशेष जोर है। पार्टी 50 प्रतिशत से अधिक टिकट युवा पीढ़ी को देने की दिशा में काम कर रही है। उन्होंने बताया कि ऑनलाइन आवेदन की व्यवस्था के जरिए अंतिम पंक्ति में खड़े व्यक्ति को भी चुनाव लड़ने का अवसर दिया गया है। यानी टिकट के लिए दावेदारी का दायरा केवल प्रभावशाली चेहरों तक सीमित नहीं रखने का प्रयास किया जा रहा है। महंगाई को लेकर सरकार पर निशाना प्रदेश सरकार पर निशाना साधते हुए सूड़ा ने कहा कि महंगाई और बढ़ती कीमतों से आमजन परेशान है। उन्होंने चीनी और गैस सिलेंडर के बढ़ते दामों का हवाला देते हुए कहा कि महंगाई का असर लोगों के रोजमर्रा के जीवन पर साफ दिखाई दे रहा है। सूड़ा ने दावा किया कि सरकार की नीतियों से परेशान लोग अब कांग्रेस की ओर उम्मीद भरी नजरों से देख रहे हैं। गुरुवार की बैठक के बाद तस्वीर साफ होने की उम्मीद सूड़ा के अनुसार, बुधवार को मिले फीडबैक की रिपोर्ट प्रदेश कांग्रेस कमेटी को भेजी जाएगी। इसके बाद गुरुवार को PCC अध्यक्ष के साथ महत्वपूर्ण बैठक होगी। बैठक के बाद टिकट के दावेदारों की अंतिम सूची जारी होने की संभावना है। संगठन के प्रति समर्पण को मिलेगी प्राथमिकता पीसीसी सदस्य भूपेन्द्र चौधरी ने कहा कि टिकट का आधार केवल दावेदारी नहीं होना चाहिए। उन्होंने संगठन के प्रति समर्पण, क्षेत्र में सक्रियता और जनता के बीच मजबूत पकड़ को महत्वपूर्ण मानदंड बताया। ब्लॉक अध्यक्ष जिनेन्द्र जैन बेबी ने कहा कि कांग्रेस संगठन मजबूत है और कार्यकर्ता चुनाव के लिए पूरी तरह तैयार हैं। उन्होंने कार्यकर्ताओं से अधिकृत प्रत्याशियों को जिताने के लिए एकजुट होकर काम करने का आह्वान किया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में पदाधिकारी, कार्यकर्ता और टिकट के दावेदार मौजूद रहे। इस अवसर पर चयनकर्ता सुनील गोदारा, मनसुख, कन्हैया लाल एवं मोहन सिंह भी मौजूद थे।
अनूपपुर जिले की बिजुरी थाना पुलिस ने बुधवार शाम चोरी के आरोप में दो लोगों को गिरफ्तार किया है। इनमें एक नाबालिग और एक वयस्क आरोपी शामिल है। पुलिस ने इनके कब्जे से चोरी किया गया 15,000 रुपये का सामान भी जब्त किया है। आरोपियों ने एक इलेक्ट्रॉनिक्स दुकान की छत की सीट उखाड़कर चोरी की वारदात को अंजाम दिया था। थाना प्रभारी विकास सिंह ने बताया कि यह मामला बिजुरी थाना क्षेत्र के आरकेवीवी स्कूल रोड स्थित पानी टंकी के पास का है। संतोष शुक्ला (50 वर्ष), निवासी कपिलधारा कॉलोनी बिजुरी, की सीमेंट शीट की छत वाली एक इलेक्ट्रॉनिक्स की दुकान है। 23-24 अगस्त की दरमियानी रात अज्ञात चोरों ने दुकान की छत पर लगी सीमेंट की शीट को उखाड़कर अंदर प्रवेश किया था। चोरों ने दुकान से 5 नग कॉपर बेंडिंग वायर रील (वजन 4 किग्रा), एक कूलर एग्जॉस्ट फैन, एक सीलिंग फैन, कूलर मोटर का स्टेटर, मिनी कूलर एग्जॉस्ट फैन के 2 स्टेटर और 3 सीलिंग फैन के स्टेटर चुरा लिए थे। फरियादी की शिकायत पर पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 331(4) और 305(ए) के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू की। जांच के दौरान पुलिस ने संदेही मोहन सिंह गोंड़ (पिता मैकू सिंह गोंड़) और एक अन्य आरोपी को पकड़ा। पूछताछ में आरोपियों ने अपना जुर्म कबूल कर लिया। पुलिस ने उनकी निशानदेही पर चोरी किया गया 15,000 रुपये कीमत का पूरा सामान जब्त कर लिया है। इस मामले में शामिल नाबालिग आरोपी को बाल संरक्षण गृह भेजा गया है, जबकि वयस्क आरोपी को न्यायालय में पेश करने के बाद जेल भेज दिया गया है।
पटना: थोक में चीनी के भाव गिरे, 55 रुपये किलो पहुंचा रेट; रिटेल में महंगाई बरकरार
पटना में चीनी का थोक भाव गिरकर 55 रुपये प्रति किलो हो गया है, लेकिन खुदरा बाजार में यह अभी भी 60-65 रुपये प्रति किलो बिक रही है।
राहुल गांधी ने बिहार में बीपीएससी परीक्षा विवाद और छात्र आंदोलन को लेकर राज्य सरकार पर निशाना साधा है। उन्होंने छात्रों पर पुलिस कार्रवाई की जवाबदेही तय करने और भर्ती परीक्षाओं में गड़बड़ी पर जवाब मांगा है।
बुरहानपुर में ईद मिलादुन्नबी के मौके पर दाऊदी बोहरा समाज ने नातिया मजलिस का आयोजन किया। इसमें पैगंबर हजरत मोहम्मद सल्लल्लाहु अलैहि वसल्लम की शान में नातें पेश की गईं। आयोजन का उद्देश्य भाईचारे और सौहार्द का संदेश देना था। मजलिस में बुरहानपुर के स्थानीय शायरों और कादरिया स्कूल के बच्चों ने नातें पेश कीं। उनकी प्रस्तुतियों की मौजूद लोगों ने सराहना की। सैयदना मुफद्दल सैफुद्दीन साहब के प्रतिनिधि हैदर जमाली और यूसुफ जमाली ने मेहमानों का स्वागत किया। शहर के शायर जलील अहमद, एजाज उम्मीदी, इकबाल अंसारी और जानी पहलवान ने भी नातिया कलाम पेश किए। तस्वीरें देखें… शांति और भाईचारे का संदेश दाऊदी बोहरा समाज के को-ऑर्डिनेटर तफज्जुल हुसैन मुलायम ने बताया कि मजलिस का उद्देश्य पैगंबर हजरत मोहम्मद सल्लल्लाहु अलैहि वसल्लम के जीवन, मूल्यों और शिक्षाओं को याद करना है। उन्होंने शांति, आपसी प्रेम और सांप्रदायिक सौहार्द का संदेश दिया। पूर्व विधायक हमीद काजी, परवेज सलामत और वाजिद इकबाल ने भी नातिया प्रस्तुतियों की सराहना की। --------------- ये खबर भी पढ़ें… 4 बीवियां, पर्दा, तलाक और नमाज के नियम क्यों बनाए:पैगंबर मोहम्मद के जन्मदिन पर जानिए, कैसे वो अपने समय से आगे थे छठी सदी का अरब। छोटे-छोटे कबीलों में बंटे लोग। रातें शराब-शायरी में डूबी रहतीं और दिन जमीन-औरतों के लिए लड़ाइयां करने में फना हो जाते। कबीलाई रंजिशें पीढ़ियों तक चलतीं। पूरी खबर पढ़ें…
जशपुर पुलिस ने कुनकुरी में मोबाइल दुकान से करीब 150 मोबाइल फोन चोरी करने के मामले में झारखंड से एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। पुलिस के मुताबिक आरोपी ने अपने साथी के साथ मिलकर वारदात करना स्वीकार किया है। चोरी किए गए मोबाइल दूसरे आरोपी के पास होने की जानकारी मिली है, जिसकी तलाश में पुलिस की टीमें लगातार दबिश दे रही हैं। शटर के दोनों ताले काटकर दुकान में घुसे कुनकुरी निवासी पंकज कुमार पारिक कठौतिया मोबाइल शॉप चलाते हैं। उन्होंने 12 अगस्त को थाने में चोरी की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। पंकज के मुताबिक 11 अगस्त की रात करीब 9 बजे दुकान बंद की थी। अगले दिन सुबह सूर्योदय बैंक के कर्मचारी ने दुकान का शटर खुला होने की सूचना दी। दुकान पहुंचने पर शटर के दोनों ताले कटे मिले। अंदर मोबाइल के डिब्बे बिखरे हुए थे। जांच करने पर बिक्री के लिए रखे करीब 150 मोबाइल हैंडसेट गायब मिले। पुलिस ने अपराध क्रमांक 148/2026 के तहत BNS की धारा 331(4), 305(ए) और 3(5) में केस दर्ज कर जांच शुरू की। CCTV और होटल से मिला अहम सुराग पुलिस ने घटनास्थल के आसपास लगे CCTV कैमरों की फुटेज खंगाली। इसमें दो संदिग्ध वारदात को अंजाम देते नजर आए। जांच के दौरान घटनास्थल के पास एक होटल से भी महत्वपूर्ण जानकारी मिली। यहां दोनों संदिग्धों ने खाना खाया था और होटल संचालक को अपना मोबाइल नंबर दिया था। CCTV फुटेज, होटल से मिली जानकारी और तकनीकी साक्ष्यों को मिलाकर पुलिस ने एक आरोपी की पहचान तौसीफ रजा (35), निवासी मुर्गीटोली, मध्य नारायणपुर, थाना राजमहल, जिला साहेबगंज, झारखंड के रूप में की। झारखंड पहुंची पुलिस टीम, आरोपी गिरफ्तार डीआईजी एवं एसएसपी जशपुर डॉ. लाल उमेद सिंह के निर्देशन में विशेष टीम झारखंड रवाना हुई। लगातार पतासाजी के बाद पुलिस ने तौसीफ रजा को हिरासत में लेकर कुनकुरी लाया। पूछताछ में आरोपी ने बताया कि वह अपने साथी के साथ काफी समय से मोबाइल दुकानों में चोरी की योजना बना रहा था। दोनों ने झारखंड से ओडिशा, आंध्रप्रदेश और छत्तीसगढ़ के अलग-अलग इलाकों में मोबाइल दुकानों की रेकी की थी। इसी दौरान कुनकुरी की दुकान को निशाना बनाया। बैग में भरे मोबाइल, डिब्बे और कवर झाड़ियों में फेंके आरोपी के अनुसार, घटना की रात दोनों दुकान के पीछे पहुंचे और औजार से शटर के दोनों ताले काट दिए। अंदर घुसने के बाद मोबाइल फोन पिट्ठू बैग में भरकर वहां से निकल गए। कुछ दूरी पर दोनों ने मोबाइल के कवर और डिब्बे अलग कर झाड़ियों में फेंक दिए, जबकि मोबाइल हैंडसेट अपने साथ रखे। इसके बाद दोनों बस से फरार हो गए। साथी फरार, उसी के पास करीब 150 मोबाइल पूछताछ में तौसीफ ने बताया कि चोरी किए गए मोबाइल उसके दूसरे साथी के पास हैं। पुलिस ने दूसरे आरोपी की पहचान कर ली है, लेकिन वह अभी फरार है। उसकी गिरफ्तारी और करीब 150 मोबाइल हैंडसेट की बरामदगी के लिए अलग-अलग टीमें संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही हैं। पुलिस ने तौसीफ के कब्जे से वारदात में इस्तेमाल पिट्ठू बैग और मोबाइल हैंडसेट जब्त किया है। पर्याप्त साक्ष्य मिलने के बाद उसे गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया है। एसएसपी डॉ. लाल उमेद सिंह ने बताया कि CCTV और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर पुलिस ने आरोपी तक पहुंच बनाई। दूसरे आरोपी की गिरफ्तारी और चोरी के मोबाइल बरामद करने के लिए पुलिस की कार्रवाई जारी है।
उत्तर प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष अजय राय ने बुधवार को प्रेसवार्ता कर केंद्र व राज्य की भाजपा सरकार पर गंभीर आरोप लगाए। अजय राय ने कहा कि महंत राजू दास ने सरकारी चैनल पर ऑन कैमरा मां-बहन की गाली दी और पूरे निषाद समाज की बेइज्जती की, लेकिन इसके बावजूद उनके खिलाफ मुकदमा तक दर्ज नहीं हुआ। उन्होंने सीधा आरोप लगाते हुए कहा कि मुख्यमंत्री के संरक्षण में निषाद समाज के कुंवर निषाद का सरेआम अपमान कराया गया है। अजय राय लडै़या है, आपकी तरह रोने वाला नहीं अजय राय ने सीएम योगी आदित्यनाथ का 2007 में संसद के भीतर रोने वाला वीडियो मीडिया को दिखाते हुए तंज कसा कि योगी जी रो रहे हैं, 'आई विल ऑल रिस्पेक्ट यू प्लीज' कहते हुए रो रहे हैं। ये यही योगीजी हैं। लेकिन अजय राय आज तक कभी नहीं रोया। चाहे विधानसभा के अंदर हो या सड़क पर, कोई माई का लाल नहीं कह सकता। मुझे एनएसए में बंद कराया, गैंगस्टर लगवाया, तन्हाई में रखा, लेकिन अजय राय के चेहरे पर शिकन नहीं आई क्योंकि हम लड़ैया हैं, लड़ने वाले लोग हैं। उन्होंने कहा कि 2027 में निषाद समाज और प्रदेश की जनता भाजपा को उसकी औकात बता देगी और दूध का दूध व पानी का पानी कर देगी। 'मठ में बैठने वाले योगी जी अब सत्ता के भोगी बन चुके हैं कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष ने तीखा हमला बोलते हुए कहा कि अब योगी जी 'योगी' नहीं रह गए हैं, वे अब 'सत्ता के भोगी' हो चुके हैं। वे मठ में बैठने वाले योगी नहीं रहे। अब सत्ता के लिए सुबह से शाम तक सिर्फ झूठ बोल रहे हैं। अब चुनाव आ गया है तो बड़ी-बड़ी घोषणाएं करेंगे। अजय राय ने कहा कि किसी के खान-पान और रहन-सहन पर रोक लगाने का अधिकार आपको किसने दे दिया है। राम निहाल निषाद बोले, 'हमारे पूजा, पर्व-त्योहार में मछली शामिल कांग्रेस नेता राम निहाल निषाद ने कहा कि 26 जनवरी 1950 को जब बाबा साहब डॉ. अंबेडकर ने संविधान सौंपा था, तो उसमें कहीं नहीं लिखा है कि सावन-भादों में कब मछली नहीं खानी है। भाजपा के लोगों को निषाद समाज की संस्कृति का पता ही नहीं है। निषाद समाज में जब कोई बच्चा पैदा होता है तो सबसे पहले उसे मछली का दर्शन कराया जाता है। हमारे हर पर्व-त्योहार और पूजा-पाठ पर मछली का ही कार्यक्रम होता है। निषाद समाज अंग्रेजों से लड़ने वाली कौम रही है। 'गैरत बची है तो संजय निषाद मंत्रिमंडल से इस्तीफा दें' राम निहाल निषाद ने कैबिनेट मंत्री संजय निषाद पर हमला बोलते हुए कहा कि वे भाजपा के चमचे बन चुके हैं और बर्बाद हो चुके हैं। अब निषाद समाज उन्हें माला नहीं पहनाएगा। संजय निषाद के आरक्षण के लिए पत्र लिखने के बयान पर अजय राय ने कहा कि 5 साल मलाई काटने के बाद अब चुनाव में 5 महीने बचे हैं तो उन्हें समाज की याद आ रही है। अजय राय ने चुनौती दी कि अगर निषाद समाज को सम्मान या आरक्षण नहीं मिल रहा है तो संजय निषाद तत्काल मंत्रिमंडल से इस्तीफा दें और अपने बेटे का भी इस्तीफा दिलाएं। संजय निषाद के 'हक छीनने' वाले बयान पर राय ने कहा कि अगर थोड़ी सी गैरत बची है और अपने समाज से प्यार है, तो सरकार से बाहर निकलकर दिखाएं। प्रेसवार्ता में अजय राय के साथ मीडिया विभाग के चेयरमैन सीपी राय, कांग्रेस प्रवक्ता कुंवर निषाद भी मौजूद रहे।
मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के निर्देशों पर खाद्य सुरक्षा विभाग राज्य भर में दूध और मावा उत्पादों की सघन जांच कर रहा है। इसी क्रम में बुधवार, 26 अगस्त 2026 को मेघनगर और थांदला में खाद्य सुरक्षा एवं नापतौल विभाग की संयुक्त टीम ने बड़ी कार्रवाई की। इस दौरान 2 क्विंटल से अधिक अमानक मिठाई जब्त की गई। जांच टीम ने मेघनगर बस स्टैंड पर बिक्री के लिए लाई गई मिठाइयों के संदिग्ध बॉक्स पाए। पड़ताल में पता चला कि ये मिठाइयां थांदला स्थित श्री कृष्णा नमकीन एवं मिष्ठान से भेजी गई थीं। इसके बाद टीम ने थांदला पहुंचकर संबंधित प्रतिष्ठान पर भी जांच की। कुल 2 क्विंटल 22 किलो 650 ग्राम मिठाई जब्त की गई, जिसका बाजार मूल्य 53 हजार 436 रुपये आंका गया है। खाद्य सुरक्षा अधिकारी वेलसिंह मोरी ने बताया कि इन मिठाइयों को बनाने में इस्तेमाल किया गया मावा गुजरात से मंगाया गया था। यह प्रतिबंधात्मक आदेशों का सीधा उल्लंघन है, जिसके तहत राज्य में बाहरी मावा के उपयोग पर रोक है। संयुक्त कार्रवाई के दौरान मेघनगर के नवदुर्गा बीकानेर मिष्ठान, नवकार स्वीट्स और जैन स्वीट्स रेस्टोरेंट से भी नमूने लिए गए। इनमें बूंदी लड्डू, सोनपपड़ी, बेसन लड्डू और गुलाब जामुन जैसी विभिन्न मिठाइयों के नमूने शामिल हैं, जिन्हें जांच के लिए भेजा गया है। जिले में 20 जुलाई 2026 से यह जांच अभियान लगातार जारी है। अब तक कुल 94 खाद्य नमूने लिए जा चुके हैं। प्राप्त 17 रिपोर्टों में से 6 नमूने अमानक और मिथ्याछाप पाए गए हैं, जिन पर खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम के तहत वैधानिक कार्रवाई की जा रही है। नापतौल विभाग की टीम ने भी तौल उपकरणों की शुद्धता और उपभोक्ताओं को मिलने वाली सामग्री की मात्रा की बारीकी से जांच की। विभाग ने स्पष्ट किया है कि नागरिकों के स्वास्थ्य और खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता सुनिश्चित करने के लिए यह अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा। इस संयुक्त कार्रवाई में खाद्य सुरक्षा अधिकारी वेलसिंह मोरी, राहुल सिंह अलावा और नापतौल निरीक्षक सचिन चौहान तथा संजय पांचाल प्रमुख रूप से शामिल रहे।
फलोदी नगरपरिषद चुनाव के लिए 27 अगस्त से नामांकन भरने का काम शुरू होगा। जिला निर्वाचन कार्यालय ने नामांकन संबंधी सभी औपचारिकताएं पूरी कर ली हैं। सहायक निर्वाचन अधिकारी एसडीएम पूजा चौधरी ने बताया-कार्यालय परिसर में बैरिकेडिंग का कार्य पूरा कर लिया गया है। बैरिकेडिंग के अंदर केवल प्रत्याशी और उसके प्रस्तावक ही आ सकेंगे। नामांकन भरने का काम सुबह 10:30 बजे से दोपहर 3 बजे तक होगा। 27 अगस्त से शुरू होगी नामांकन की प्रक्रिया उन्होंने बताया- 27 अगस्त की सुबह लोक सूचना का प्रकाशन किया जाएगा और नामांकन भरने की प्रक्रिया शुरू होगी। इसके बाद नामांकन पत्र वितरण का काम शुरू होगा। इसके लिए एक खिड़की पर नामांकन पत्र वितरित किए जाएंगे। प्रत्याशी नामांकन पत्र लेकर बाद में उसे भरकर जमा करवा सकेगा। नामांकन पत्र 27 अगस्त से 31 अगस्त तक भरे जाएंगे, लेकिन बीच में 28 अगस्त को रक्षा बंधन का अवकाश और 30 अगस्त को रविवार होने के कारण अवकाश रहेगा। इस प्रकार प्रत्याशियों को नामांकन भरने के लिए केवल तीन दिन ही मिलेंगे। 150-150 मीटर की बैरिकेडिंग की चौधरी ने बताया कि कार्यालय परिसर के बाहर मुख्य सड़क पर भी दोनों ओर 150-150 मीटर पर बैरिकेडिंग की जाएगी। पार्टी उम्मीदवार अपने साथ एक प्रस्तावक और निर्दलीय उम्मीदवार पांच प्रस्तावक लेकर आएगा। प्रस्तावक उसी वार्ड से होने चाहिएं, जिस वार्ड से उम्मीदवार चुनाव लड़ रहा है। इसके अलावा सुरक्षा के भी पूरे उपाय किए जाएंगे। जल्द घोषित होंगे उम्मीदवार नगरपरिषद चुनाव के लिए 27 अगस्त से नामांकन पत्र भरने का काम शुरू हो जाएगा, लेकिन अभी तक किसी भी राजनीतिक दल ने उम्मीदवारों की घोषणा नहीं की है, जिससे असमंजस की स्थिति बनी हुई है। भाजपा जिलाध्यक्ष ज्योति जाणी से जब इस संबंध में पूछा गया तो उनका कहना था कि वे बाद में फोन कर बताएंगी। ॉ इसी प्रकार कांग्रेस जिलाध्यक्ष सलीम नागौरी ने बताया कि उम्मीदवारों का चयन जयपुर में किया जाएगा, उसके बाद ही उम्मीदवारों की घोषणा की जाएगी। फलोदी शहर के 40 वार्डों के लिए इस बार दोनों ही प्रमुख राजनीतिक दलों, कांग्रेस व भाजपा में टिकट मांगने वालों की लंबी कतार है।
बिलासपुर से बेंगलुरु के बीच रेल कनेक्टिविटी मजबूत हो गई है। बिलासपुर-यलहंका साप्ताहिक स्पेशल ट्रेन को अब नियमित कर दिया गया है। बुधवार को केंद्रीय आवासन एवं शहरी कार्य राज्यमंत्री तोखन साहू ने बिलासपुर रेलवे स्टेशन से ट्रेन को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। केंद्रीय मंत्री तोखन साहू ने कहा कि, बिलासपुर और बेंगलुरु के बीच नियमित ट्रेन सेवा शुरू होने से दक्षिण भारत जाने वाले यात्रियों को सीधा फायदा मिलेगा। लंबे समय से की जा रही मांग पूरी होने पर यात्रियों में भी खुशी नजर आई। 50 हजार करोड़ की रेल परियोजनाओं पर काम मंत्री साहू ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में छत्तीसगढ़ में करीब 50 हजार करोड़ रुपए की रेल परियोजनाओं पर काम चल रहा है। उन्होंने कटघोरा-डोंगरगढ़ समेत तीन नई रेल योजनाओं की स्वीकृति और अमृत भारत योजना के तहत 32 स्टेशनों के विकास का भी उल्लेख किया। ट्रेन में सवार होकर यात्रियों से मिले मंत्री हरी झंडी दिखाने के बाद केंद्रीय राज्य मंत्री खुद ट्रेन में सवार हुए। उन्होंने यात्रियों से मुलाकात कर नई रेल सेवा को लेकर उनकी प्रतिक्रिया जानी। यात्रियों ने नियमित ट्रेन शुरू होने पर खुशी जताई। बिलासपुर से बुधवार दोपहर 2 बजे चलेगी रेलवे के सीनियर डीसीएम अनुराग कुमार सिंह के अनुसार, ट्रेन नंबर 18261 बिलासपुर-यलहंका हर बुधवार को दोपहर 2 बजे बिलासपुर से रवाना होगी और अगले दिन शाम 7 बजे यलहंका पहुंचेगी। वापसी में ट्रेन नंबर 18262 यलहंका-बिलासपुर प्रत्येक गुरुवार रात 9:30 बजे यलहंका से रवाना होगी। इन प्रमुख स्टेशनों से होकर गुजरेगी ट्रेन भाटापारा, रायपुर, दुर्ग, राजनांदगांव, डोंगरगढ़, गोंदिया, बल्लारशाह, काजीपेट, सिकंदराबाद, रायचूर, गुंतकल, अनंतपुर, धर्मवरम और हिंदूपुर समेत कई प्रमुख स्टेशनों से होकर चलेगी। वर्षों पुरानी मांग हुई पूरी बिल्हा विधायक धरमलाल कौशिक ने ट्रेन के नियमित संचालन पर खुशी जताई। उन्होंने कहा कि बिलासपुर क्षेत्र के यात्रियों की लंबे समय से चली आ रही मांग अब पूरी हुई है। उन्होंने इसके लिए केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव और केंद्रीय राज्य मंत्री तोखन साहू के प्रति आभार जताया। इस कार्यक्रम में विधायक धरमलाल कौशिक, जिला पंचायत अध्यक्ष राजेश सूर्यवंशी, महापौर पूजा विधानी, पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष अरुण सिंह चौहान सहित जनप्रतिनिधि और रेलवे के अधिकारी मौजूद रहे।
“पति को रास्ते से हटाने की साजिश में सिर्फ शक और बयान ही नहीं, बल्कि 590 फोन कॉल, DNA रिपोर्ट और खुद पति की गवाही सामने आई। इन सबूतों से पत्नी और उसके प्रेमी के बीच संबंध की पोल खुल गई। हालांकि पति को अपनी पत्नी पर शक पहले से था, लेकिन आग से झुलसते हुए पति ने दोनों को साथ देख लिया। अब कुरुक्षेत्र की अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश की अदालत ने करीब 7 साल बाद पत्नी और उसके पड़ोस में रहने वाले प्रेमी को दोषी ठहराया है। कोर्ट ने दोनों को 7-7 साल की कठोर कैद और 35-35 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है। मामला 26/27 मई 2019 की रात का है। नींद की गोलियां खिलाकर किया बेसुध पिहोवा के गुमथला गढ़ू गांव का बुधराज घर के आंगन में चारपाई पर सो रहा था। उसे पहले खाने में नींद की गोलियां दी गईं। उसके सो जाने के बाद हाथ चारपाई से बांध दिए और पेट्रोल डालकर आग लगा दी गई। आग लगने के बाद बुधराज की आंख खुल गई। उसने अदालत में बताया कि उसकी पत्नी सीना और श्याम लाल चारपाई के पास खड़े थे। उसके हाथ-पांव तांबे के तार से बंधे थे। FSL टीम ने जुटाए सभी तथ्य सुबह करीब 6 बजे पुलिस चौकी गुमथला गढ़ू को घटना का पता चला और पुलिस मौके पर पहुंची। सीन ऑफ क्राइम (FSL) टीम ने जांच के दौरान तांबे के तार के तीन टुकड़े, माचिस, अधजली तीलियां, जली प्लास्टिक की बोतल, राख और जले कपड़े बरामद किए। हालांकि परिवार ने बुधराज को गंभीर हालत में पिहोवा के प्राइवेट अस्पताल में दाखिल करवा दिया था। बुधराज के चाचा की शिकायत पर पुलिस ने केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी। लगातार फोन पर हुई बात पुलिस ने दोनों के मोबाइल नंबरों की जांच की। साइबर सेल और टेलीकॉम कंपनियों से मिले रिकॉर्ड में सामने आया कि 17 जनवरी से 29 मई 2019 के बीच दोनों के बीच 590 कॉल और 10 SMS हुए थे। यानी घटना से पहले दोनों लगातार एक-दूसरे के संपर्क में थे। DNA रिपोर्ट ने की दोनों के संबंध की पुष्टि श्याम लाल की परचून की दुकान सीना के घर के पास थी। दोनों के बीच काफी समय से संबंध थे। FSL की रिपोर्ट भी अदालत में रखी गई। सीना के कपड़ों से मिले सीमन का DNA श्याम लाल से मैच हुआ। अदालत ने इसे दोनों के बीच शारीरिक संबंध का वैज्ञानिक सबूत माना। पति को देती थी नींद की गोलियां पुलिस के मुताबिक, श्याम लाल नींद की गोलियां सीना को देता था और सीना उन्हें पति के खाने में मिला देती थी। बुधराज के सो जाने के बाद दोनों मिलते थे। कुछ समय बाद बुधराज को अपनी पत्नी और पड़ोसी श्याम लाल के संबंधों का पता चल गया। दोनों को डर था कि बुधराज उनके बीच रुकावट बनेगा। इसलिए उन्होंने उसे रास्ते से हटाने की योजना बनाई। 26 मई को लगाई बुधराज को आग 26 मई 2019 की रात बुधराज को खाने में नींद की गोलियां दी गईं। इसके बाद वह आंगन में सो गया। रात करीब 3 बजे दोनों ने उसके हाथ चारपाई से बांधे गए और पेट्रोल डालकर आग लगा दी गई। इससे पहले दोनों ने शारीरिक संबंध भी बनाए थे। सीना पर परिवार को हुआ शक घटना के बाद पुलिस ने सीना से पूछताछ की तो वह पुलिस को गुमराह करती रही। परिवार को भी उस पर शक हुआ, क्योंकि पति के गंभीर रूप से झुलसने के बावजूद वह उसका हाल पूछने अस्पताल नहीं गई। इसके बाद पुलिस ने सीना से सख्ती से पूछताछ की। जांच में उसकी और श्याम लाल की भूमिका सामने आई। फैसला आने से पहले बुधराज की मौत पुलिस ने थाना पिहोवा में केस दर्ज कर दोनों को गिरफ्तार किया। मामले की सुनवाई के दौरान बुधराज की गवाही अहम रही। हालांकि फैसले से कुछ महीने पहले बीमारी के चलते उसकी मौत हो गई। इसके बावजूद अदालत ने उसकी गवाही और बाकी सबूतों के आधार पर मामले की सुनवाई पूरी की।
दैनिक भास्कर और गूगल के सहयोग से जयपुर के होटल ललित में न्यूज ट्रेनिंग सम्मान समारोह का आयोजन किया गया। इस मौके पर राजस्थान और बिहार के पत्रकारों को सम्मानित किया गया। इसमें राजस्थान की 30 बेस्ट स्टोरीज पर 34 पत्रकारों को अवॉर्ड दिया गया, वहीं बिहार की 12 बेस्ट स्टोरीज पर स्थानीय पत्रकारों को सम्मानित किया गया। मुख्य अतिथि के रूप में राजस्थान की उप मुख्यमंत्री दीया कुमारी मौजूद रहीं। दीया कुमारी ने कहा कि भास्कर एप के माध्यम से ग्राउंड की आवाज हम तक पहुंचती है। इनकी वजह से हम लोग अपने काम को बेहतर कर सकते हैं। भास्कर की वजह से बहुत कुछ बदला है, यह सबसे पहले, सबसे सटीक खबर लेकर आता है। आप लोग एक सैनिक की तरह काम कर रहे हैं। आज उन सैनिकों को सम्मानित किया गया है। उसके लिए मैं दैनिक भास्कर डिजिटल का आभार व्यक्त करती हूं। कार्यक्रम में दैनिक भास्कर ग्रुप के डायरेक्टर गिरीश अग्रवाल, गूगल की इंडिया न्यूज पार्टनरशिप की हेड दुर्गा रघुनाथ, गूगल इंडिया न्यूज पार्टनरशिप के नितिन, दैनिक भास्कर एप के सीईओ पथिक शाह और राजस्थान के स्टेट एडिटर किरण राजपुरोहित भी मौजूद थे। कार्यक्रम का संचालन दैनिक भास्कर के स्टेट वीडियो हेड अमित शर्मा ने किया। दैनिक भास्कर एप आज की जरूरतदीया कुमारी ने कहा कि राजस्थान में भास्कर एप के जरिए तुरंत खबर मिलती है और एप देखकर हम अपने अधिकारियों को समस्या के समाधान के निर्देश देते हैं। यह एक तरह से सबकी जरूरत बन गया है। भास्कर एप के ग्राउंड पर काम कर रहे पत्रकार अपनी जान को जोखिम में डालकर जनता के सामने सच्चाई लेकर आते हैं। यही कारण है कि भास्कर पर जनता का विश्वास और बढ़ा है। उप मुख्यमंत्री दीया कुमारी ने कहा कि आप बिना किसी भेदभाव के खबर लेकर आते हैं। आपसे हमारा रिश्ता खट्टा-मीठा रहा है, लेकिन इससे हमेशा अच्छा बदलाव आया है, इसलिए यह बेहतर रहा है। आज सोशल मीडिया का दौर है। इंस्टाग्राम और स्नैपचैट के माध्यम से न्यूज जल्दी शेयर होती है। ऐसे में दैनिक भास्कर एप पढ़कर ही सही खबर पता लगती है। एक सैनिक की तरह ग्राउंड पर कर्तव्य निभा रहे भास्कर के पत्रकारइस मौके पर दैनिक भास्कर के निदेशक गिरीश अग्रवाल ने कहा कि दैनिक भास्कर-गूगल आपसी सहयोग से गांव-ढाणी तक अपनी पहुंच को संभव कर सके हैं। 1996 में स्वर्गीय रमेश चन्द्र अग्रवाल ने राजस्थान के हर गांव और कस्बों को जोड़ने का लक्ष्य लेकर दैनिक भास्कर न्यूज पेपर की शुरुआत की थी। उन्होंने कहा कि जिस तरह एक सैनिक सीमा पर लड़ता है, ठीक उसी तरह दैनिक भास्कर के पत्रकार अपने क्षेत्र में जनता के लिए अपना कर्तव्य निभा रहे हैं। गूगल टीम की दुर्गा रघुनाथ ने कहा कि 3 साल पहले गिरीश अग्रवाल ने हमसे गांव-ढाणी तक इस मुहिम को ले जाने के लिए चर्चा की थी। आज भास्कर और गूगल के सहयोग से यह संभव हो पाया है। 2026 में आज जब मैं पीछे के बारे में सोचती हूं, तो मुझे लगता है। यह कितना ज्यादा जरूरी है। कार्यक्रम में दैनिक भास्कर एप की प्रायोरिटी, जर्नी को लेकर दुर्गा रघुनाथ और गिरीश अग्रवाल के बीच संवाद भी हुआ। पढ़िए, संवाद के कुछ अंश… दुर्गा रघुनाथ : न्यूज फेक्ट चेक के बारे में बताएं?गिरीश अग्रवाल: हमारी दो प्रायोरिटी है। एप पर खबर घटना के बाद जल्दी आनी चाहिए और उसके फैक्ट क्रेडिबल होने चाहिए। इसके लिए हमने अपने सभी पत्रकारों को काफी ट्रेनिंग दी है। हम मानते हैं कि हमारा काम एक गृहिणी जैसा है। जिसे जब भूख लगे, उसे उसी समय स्वादिष्ट और पौष्टिक खाना मिल जाए। ऐसे काफी उदाहरण हैं, जिसमें हमने लोगों के बीच की भ्रांतियों को दूर किया। अफवाहों को गलत ठहराया, इसी का परिणाम की है कि लोगों के बीच में हम अपनी निष्पक्षता बना सके। दुर्गा रघुनाथ : खबर को लेकर क्या क्राइटेरिया रहता है?गिरीश अग्रवाल : लोगों की परेशानी, उनकी जरूरतों को ध्यान में रखकर ही हम अपनी खबर तैयार करते हैं। प्रशासन तक ग्राउंड की हकीकत पहुंचाने का काम करते हैं। खबर बनाने के साथ ही सरकार उस पर एक्शन ले, यह हमारी प्राथमिकता रहती है। हम जितना डीप जाएंगे, उसका फायदा हमें जरूर मिलेगा। आज भास्कर एप देशभर से हजारों खबरें रोज लोगों तक पहुंचा रहा है। दुनिया में किसी एप में इतनी बड़ी संख्या में खबरें नहीं आती। दुर्गा रघुनाथ : गूगल के लिए यूजर ही भगवान है, ऐसे में आपके लिए क्या महत्वपूर्ण है?गिरीश अग्रवाल : जैसे आपके लिए यूजर भगवान है, वैसे ही हमारे लिए रीडर ही सबसे महत्वपूर्ण है। हमारे लिए वह भगवान है। राजस्थान में हमने अंधविश्वास को दूर करने की काफी खबरें की हैं। हमारे यहां अगर कोई खबर हुई है, तो उस पर एक्शन होता है। बिहार को हम पिछड़ा हुआ मानते हैं, जबकि वहां इन्फ्रास्ट्रक्चर बेहतर हो रहा है। अब भी वहां काफी समस्या है, जिसे हमारे रिपोर्टर जनता की आवाज बनकर सरकार तक पहुंचा रहे हैं। जनता को पुलिस तक भी कोई बात या समस्या पहुंचानी होती है, तब भी वह भास्कर के रिपोर्टर को याद करते हैं। हम उनकी आवाज बन रहे हैं। दुर्गा रघुनाथ : जब भी मैं सर्च करती हूं, तो हमारी प्राथमिकता होती है, वह अच्छी और सार्थक हो यूजर के लिए, आपके लिए क्या है?गिरीश अग्रवाल : गूगल दैनिक भास्कर के साथ एक बहुत बड़े सामाजिक आंदोलन में जुड़ा है। एक व्यक्ति की पीड़ा अगर कोई उठाता है, उसका समाधान हो जाता है। इससे अच्छा कुछ नहीं होता। दैनिक भास्कर के रिपोर्टर वही कर रहे हैं। हमारा पूरा फोकस पाठक केंद्रित होता है। उन्होंने कहा कि पिछले दिनों एक भ्रांति चल रही थी कि एथेनॉल ज्यादा बनाने की वजह से चीनी महंगी हो गई, लेकिन हमने तथ्यपरक खबर प्रकाशित की कि पानी की कमी से इस बार गन्ने की खेती 11 प्रतिशत कम हुई है, यह भी चीनी महंगी होने का एक प्रमुख कारण है। दैनिक भास्कर डिजिटल के स्टेट हेड किरण राजपुरोहित ने कहा कि अखबार के साथ डिजिटल की टीम शानदार काम कर रही है। ग्राउंड पर काम करके दैनिक भास्कर के रिपोर्टर ने यह साबित किया है कि खबर मतलब सिर्फ दैनिक भास्कर है। गूगल की मदद से हम राजस्थान के हर गांव के रिपोर्ट्स को तथ्यात्मक न्यूज बनाने को लेकर तैयार कर चुके हैं।
गोरखपुर में नेशनल हाईवे-27 (NH-27) पर मंगलवार को एक बड़ा सड़क हादसा होते-होते टल गया। बाघागाड़ा से खोराबार की ओर रामगढ़ताल थाना क्षेत्र में सड़क पर भारी मात्रा में ईंटें गिर जाने से यातायात बुरी तरह प्रभावित हुआ। हालांकि, सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए संबंधित विभागों के सहयोग से महज कुछ ही समय में मार्ग को पूरी तरह साफ करा दिया। सूचना मिलते ही हरकत में आई पुलिसमंगलवार को रामगढ़ताल थाना क्षेत्र के अंतर्गत NH-27 पर अचानक ईंटें बिखरने से वाहनों की गति धीमी हो गई और दुर्घटना की आशंका बन गई। इसकी जानकारी मिलते ही रामगढ़ताल थाने की पुलिस टीम बिना किसी देरी के मौके पर पहुंची। सड़क पर फैली ईंटों को हटवाने के लिए पुलिस प्रशासन ने भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) और लोक निर्माण विभाग (PWD) के अधिकारियों से तत्काल समन्वय स्थापित किया। संयुक्त प्रयास से बहाल हुआ आवागमनपुलिस बल, NHAI और PWD के कर्मचारियों ने संयुक्त रूप से मोर्चा संभालते हुए सड़क से सभी ईंटों को किनारे कराया। त्वरित कार्ययोजना के बल पर मार्ग को पूरी तरह सुरक्षित कर साफ कर दिया गया। सड़क पूरी तरह सुचारू होने के बाद एनएच-27 पर वाहनों की आवाजाही पहले की तरह निर्बाध रूप से शुरू हो गई। पुलिस की इस तत्परता और अंतर-विभागीय समन्वय की वजह से न सिर्फ यात्रियों को लंबे जाम से निजात मिली, बल्कि राष्ट्रीय राजमार्ग पर संभावित हादसों को भी समय रहते रोक लिया गया।
महेंद्रगढ़ पुलिस की साइबर सेल ने गुम हुए 26 मोबाइल फोन बरामद किए हैं। इन मोबाइलों की अनुमानित कीमत करीब 4 लाख 50 हजार रुपए है। पुलिस अधीक्षक दीपक कुमार ने नारनौल स्थित पुलिस मुख्यालय में आयोजित एक कार्यक्रम में स्वयं इन फोन को उनके वास्तविक मालिकों को सौंपा। बरामद किए गए मोबाइलों में 10 हजार रुपए से लेकर 70 हजार रुपए तक की कीमत वाले विभिन्न कंपनियों के एंड्रॉइड स्मार्टफोन और आईफोन शामिल हैं। पुलिस अधीक्षक ने इस अवसर पर मोबाइल मालिकों से बातचीत भी की। CEIR पोर्टल, तनकीकी सर्विलांस से ट्रैस किए मोबाइल गुमशुदा मोबाइलों की तलाश के लिए साइबर सेल की टीम ने आधुनिक तकनीक और तकनीकी सर्विलांस का प्रभावी ढंग से उपयोग किया। टीम ने न केवल महेंद्रगढ़ जिले और आसपास के क्षेत्रों से, बल्कि अन्य जिलों और दूसरे राज्यों से भी इन फोन को बरामद करने में सफलता पाई। इस पूरी कार्रवाई में सीईआईआर (CEIR) पोर्टल की महत्वपूर्ण भूमिका रही, जिसने गुमशुदा मोबाइलों की पहचान और ट्रैकिंग में पुलिस टीम की सहायता की। साइबर सेल इंचार्ज एएसआई बलजीत के नेतृत्व में सिपाही प्रदीप, विकास, संजीत, अंकित, सुभाष और रविंद्र ने इस अभियान में महत्वपूर्ण योगदान दिया। गुम हुआ मोबाइल पाकर खुश हुए लोग अपने खोए हुए महंगे मोबाइल वापस मिलने पर मालिकों के चेहरे पर खुशी साफ झलक रही थी। कई लोगों ने बताया कि उन्हें उम्मीद नहीं थी कि उनका फोन दोबारा मिल पाएगा। जिला पुलिस की इस कार्रवाई से उन्हें नया मोबाइल खरीदने के आर्थिक बोझ से भी राहत मिली। मोबाइल प्राप्त करने वाले नागरिकों ने महेंद्रगढ़ पुलिस और साइबर सेल टीम का आभार व्यक्त किया। इस अवसर पर पुलिस अधीक्षक दीपक कुमार ने आमजन से मोबाइल सुरक्षा के प्रति जागरूक रहने और महत्वपूर्ण सावधानियां बरतने की अपील की। उन्होंने कहा कि मोबाइल फोन गुम होने की स्थिति में तुरंत पुलिस को सूचित करें।
बड़वानी। भारतीय जनता पार्टी के नवनियुक्त राष्ट्रीय महामंत्री और खरगोन-बड़वानी लोकसभा सांसद गजेंद्र सिंह पटेल का राष्ट्रीय महामंत्री बनने के बाद बड़वानी जिले में यह पहला दौरा था। इस अवसर पर ठीकरी से लेकर अंजड़ तक भाजपा कार्यकर्ताओं और विभिन्न सामाजिक-धार्मिक संगठनों द्वारा उनका व्यापक स्वागत किया गया। पटेल ने चौपाटी पर महाराणा प्रताप की प्रतिमा का पूजन-अर्चन किया। इसके बाद ढोल-ताशों के साथ एक स्वागत यात्रा निकाली गई। रास्तेभर कार्यकर्ताओं तथा विभिन्न सामाजिक एवं धार्मिक संगठनों ने जगह-जगह स्वागत मंच बनाकर आतिशबाजी की और कहीं जेसीबी तो कहीं तोप के माध्यम से पुष्पवर्षा कर पटेल का अभिनंदन किया। इसके बाद कुआं में जुलवानिया मंडल द्वारा उनका स्वागत किया गया। दावना, तलवाड़ा, मंडवाड़ा सहित विभिन्न स्थानों पर कार्यकर्ताओं ने फूलमालाओं से उनका अभिनंदन किया। टोल नाके के समीप जिला महामंत्री विकास आर्य के नेतृत्व में सेंधवा विधानसभा क्षेत्र के सैकड़ों कार्यकर्ताओं ने भी भव्य स्वागत किया। शाम करीब 7 बजे उनका काफिला अंजड़ पहुंचा। गायत्री मंदिर चौराहे पर मंडल अध्यक्ष ऋतुराज के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं ने आतिशबाजी एवं पुष्पमालाओं के साथ उनका स्वागत किया। इसके पश्चात पटेल ने टंट्या मामा भील एवं पृथ्वीराज चौहान की प्रतिमाओं पर माल्यार्पण किया। नगर में प्रवेश के बाद भावसार मोहल्ले में राजेंद्र भावसार मित्र मंडल सहित विभिन्न स्थानों पर कार्यकर्ताओं ने उनका स्वागत किया। श्रीकृष्ण चौक पर सुरेंद्र गहलोत मित्र मंडल द्वारा जेसीबी से पुष्पवर्षा कर भव्य स्वागत किया गया। इस दौरान श्री पटेल ने मंच से कार्यकर्ताओं को संबोधित भी किया। राजपुर रोड पर बंटी बंसल मित्र मंडल द्वारा राष्ट्रीय महामंत्री गजेंद्र सिंह पटेल का केले से तुलादान किया गया। वहीं नगर परिषद में अध्यक्ष मांगीलाल मुकाती ने पार्षदों एवं नगर परिषद स्टाफ के साथ उनका स्वागत किया। नगर में विभिन्न धार्मिक एवं सामाजिक संगठनों द्वारा भी जगह-जगह स्वागत-अभिनंदन किया गया। इसके पश्चात शाम करीब 8 बजे शपटेल का काफिला बड़वानी के लिए रवाना हुआ। राष्ट्रीय महामंत्री बनने के बाद अपने क्षेत्र में प्रथम आगमन पर मिले इस भव्य स्वागत से पूरे मार्ग पर भाजपा कार्यकर्ताओं में उत्साह और उमंग का माहौल देखने को मिला। इन्होंने भी किया स्वागत भाजपा जिला मीडिया प्रभारी सुनील भावसार ने बताया कि सांसद पटेल ने दोपहर करीब 2 बजे ठीकरी में प्रवेश किया। यहां जिला अध्यक्ष अजय यादव, प्रदेश महामंत्री एवं पूर्व राज्यसभा सांसद डॉ. सुमेर सिंह सोलंकी, पूर्व कैबिनेट मंत्री प्रेमसिंह पटेल, पूर्व सांसद सुभाष पटेल, अंतरसिंह पटेल, ठीकरी जनपद अध्यक्ष मनोहर अवास्या, नगर परिषद अध्यक्ष पूजा सुमित जायसवाल, मंडल अध्यक्ष गजेंद्र पटेल सहित जिला पदाधिकारियों, जनप्रतिनिधियों और सैकड़ों कार्यकर्ताओं ने उनका गर्मजोशी से अभिनंदन किया।
लुधियाना में माता चिंतपूर्णी मंदिर से आतू वाला चौक तक बनने वाली सड़क का काम शुरू होने से पहले ही शहर की राजनीति गरमा गई है। करीब तीन महीने पहले टेंडर होने के बावजूद अब निर्माण कार्य शुरू होने जा रहा है। इसी बीच सड़क को मंजूरी दिलाने और निर्माण का श्रेय लेने को लेकर पूर्व पार्षद अमन कपूर बोबी और मौजूदा पार्षद आमने-सामने आ गए हैं। मौजूदा पार्षद कुछ लोगों के साथ मौके पर पहुंचे और ठेकेदार को सड़क का काम शुरू करने के लिए कहा। इसके बाद पूर्व पार्षद अमन कपूर बोबी ने दावा किया कि यह सड़क उनके कार्यकाल में मंजूर हुई थी और इसका टेंडर भी उसी दौरान लगाया गया था। बोबी ने बताया कि उनके कार्यकाल में सड़क का वर्क ऑर्डर अप्रैल में जारी हो चुका था, जबकि नगर कौंसिल के चुनाव मई में हुए। उन्होंने सवाल उठाया कि मौजूदा पार्षद ने सड़क को कब और किस प्रक्रिया के तहत मंजूर करवाया। पूर्व पार्षद बोले- कौंसिल कमेटी भंग होने से रूका था काम पूर्व पार्षद के अनुसार, नगर कौंसिल कमेटी भंग होने और चुनाव प्रक्रिया के कारण सड़क का काम रुक गया था। अब चुनाव के बाद निर्माण शुरू होने जा रहा है। उन्होंने बताया कि सड़क के लिए करीब 19 लाख रुपए का बजट तय किया गया है। माता चिंतपूर्णी मंदिर से आतू वाला चौक तक सड़क पर इंटरलॉकिंग टाइलें लगाई जाएंगी। बोबी ने आरोप लगाया कि चुनाव के बाद मौजूदा पार्षद ने सड़क पर ‘टक’ (शिलापट्ट) लगाकर इसका श्रेय लेने का प्रयास किया। उन्होंने कहा कि केवल शिलापट्ट लगाने से यह साबित नहीं होता कि सड़क उनके प्रयासों से मंजूर हुई है। उन्होंने मौजूदा पार्षद से दस्तावेज सार्वजनिक कर मंजूरी का श्रेय साबित करने की चुनौती दी। वहीं, ठेकेदार राकेश कुमार ने बताया कि सड़क का टेंडर काफी पहले हुआ था और अप्रैल में प्रक्रिया पूरी हो गई थी। अब निर्माण कार्य शुरू किया जा रहा है। शहरवासियों की लंबे समय से सड़क बनाने की मांग थी। अब काम शुरू होने से लोगों में खुशी है, लेकिन निर्माण से पहले श्रेय को लेकर शुरू हुआ विवाद स्थानीय राजनीति में चर्चा का विषय बना हुआ है।
राजस्थान के बहुचर्चित नेक्सा एवरग्रीन ठगी के मामले में 4 आरोपी बरी हुए हैं। 6.50 लाख रुपए ठगने के मामले में सीकर की ADJ-1 कोर्ट ने यह फैसला सुनाया है। बता दें कि 2676 करोड़ की इस ठगी के मामले में राजस्थान में करीब 200 से ज्यादा मुकदमे दर्ज हुए थे। आरोपियों को एक मामले में बरी होने के चलते राहत मिली है, लेकिन अन्य कई मामलों में अभी फैसला आना बाकी है। ऐसे में चारों आरोपी सुभाष बिजारणियां, रणवीर,ओपेन्द्र, नरेश काजला अभी जेल में ही रहेंगे। कोर्ट ने कहा है कि पुलिस ने शुरुआत में उच्च अधिकारियों के निर्देश और पुराने मामलों के आधार पर इस मामले में गंभीर धाराओं में FIR दर्ज की थी। मामले में BUDS Act, इनामी चिट फंड और धन परिचालन योजना से जुड़ी धाराएं भी लगाई गई थीं। जब पुलिस ने मामले की जांच की तो आरोपियों के खिलाफ कोई ठोस और भरोसेमंद आपराधिक सबूत सामने नहीं आया। कोर्ट ने यह भी देखा कि चार्जशीट दाखिल करने वाले अधिकारी ने जांच के तथ्यों का पर्याप्त इस्तेमाल नहीं किया। एक गवाह ने अदालत में यह तक कहा कि उसने चार्जशीट तैयार नहीं की थी। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ गंभीर धाराएं तो लगा दीं, लेकिन उन आरोपों को साबित करने के लिए मजबूत साक्ष्य उपलब्ध नहीं थे। कोर्ट के अनुसार, जब आरोपियों के खिलाफ ठोस सबूत ही नहीं हैं तो केवल गंभीर धाराएं लगा देने के आधार पर उन्हें दोषी नहीं माना जा सकता। इस तरीके से फंसे थे लोग दरअसल, फदनपुरा निवासी रामकृष्ण ने सीकर के उद्योग नगर पुलिस थाने में 22 फरवरी को मुकदमा दर्ज करवाया। उन्होंने बताया था कि नेक्सा कंपनी के सुभाष बिजारणिया, रणवीर बिजारणिया और उपेंद्र ने उसे लालच दिया था। कहा था कि उनकी कंपनी है जिसमें 50 हजार रुपए लगाने पर 14 महीने में 80 हजार रुपए रिटर्न मिलेगा। ऐसे में रामकृष्ण ने 6.50 लाख इन्वेस्ट कर दिए। इसके बाद कंपनी बंद हो गई। ऐसे में पीड़ित रामकृष्ण ने कंपनी से जुड़े नरेश काजल को कॉल किया। उसने कहा कि अभी कंपनी पर ईडी की रेड पड़ी है। मुकदमा दर्ज मत करवाना नहीं तो पैसे नहीं मिलेंगे। कुछ समय बाद पता चला कि यह कंपनी से जुड़े लोगों की चाल थी। इसके बाद नरेश काजला ने यूट्यूब पर वीडियो डालकर कहा था कि ‘मुकदमा दर्ज मत करवाओ, जल्दी पैसे मिल जाएंगे।’ इस तरह से रामकृष्ण के साथ 6.50 लाख रुपए की ठगी हुई। रियल एस्टेट के नाम पर अहमदाबाद में करवाया था NEXA का रजिस्ट्रेशन नेक्सा एवरग्रीन (NEXA EVERGREEN) कंपनी का रजिस्ट्रेशन अहमदाबाद में 17 अप्रैल 2021 में हुआ था। रजिस्ट्रार ऑफ कंपनीज अहमदाबाद के रिकॉर्ड से पता चलता है कि यह कंपनी रियल एस्टेट एक्टिविटी के लिए रजिस्टर्ड कराई गई थी, जिसके मालिक सीकर के पनलावा निवासी सुभाष बिजारणियां व रणवीर बिजारणियां हैं। दोनों ही कंपनी के एमडी हैं। कंपनी के बोर्ड में 6 टॉप लीडर बनाए गए, जो इंवेस्टमेंट प्लान बनाकर डील करते थे। इनमें सलीम खां, समीर, दातार सिंह, रक्षपाल, ओमपाल व सांवरमल के नाम सामने आए हैं। सबसे पहले कंपनी के नाम पर गुजरात सरकार के ड्रीम प्रोजेक्ट धोलेरा स्मार्ट सिटी के करीब 1700 बीघा जमीन खरीदने के डॉक्यूमेंट तैयार करवाए गए। मोटा पैसा इन्वेस्ट करने वालों को इसी जमीन के डॉक्यूमेंट दिखाकर पर्सनल विजिट करवाते थे। उन्हें यह बताया जाता था कि आपसे लिए गये पैसे से यहां मल्टी स्टोरी बिल्डिंग, मॉल्स, कॉलोनी डेवलप की जाएगी। देशभर के बड़े-बड़े अमीर लोग यहीं शिफ्ट होंगे। पुलिसवाले भी ठगे गए, ठगों की पत्नियां भी चलाने लगीं नेटवर्क NEXA EVER GREEN कंपनी के एमडी रणवीर बिजारणियां की पत्नी लक्ष्मी सीकर एसपी ऑफिस में कॉन्स्टेबल थी। उसने एक महीने पहले ही VRS ले लिया था। लक्ष्मी ने पति रणवीर के कहने पर अपने साथी पुलिसकर्मियों को भरोसे में लेकर रुपए इन्वेस्ट करना शुरू किया। ऐसा पहली बार हुआ कि काफी बड़ी संख्या में पुलिसकर्मियों ने कंपनी में करोड़ों रुपए का इंवेस्टमेंट किए। लक्ष्मी पुलिस का आईडी कार्ड दिखाकर लोगों को भरोसे में लेती थी। कंपनी का एमडी सुभाष बिजारणियां आर्मी से रिटायर्ड था। इसी वजह से उसने आर्मी जवानों को टारगेट बनाया। रिटायर होने के बाद आर्मी जवानों को लाखों रुपए ग्रेच्युटी के मिलते हैं। ठगों ने ऐसे जवानों को झांसे में लिया और कंपनी में इन्वेस्ट करा दिए। वहीं कंपनी में शामिल एक और डायरेक्टर बनवारी महरिया (गांव कूदन, जिला-सीकर) की पत्नी गिरिजा सीकर जिला अस्पताल में नर्स (ANM) है। उसने भी स्वास्थ्य विभाग के कर्मचारियों को टारगेट किया। लक्ष्मी और गिरिजा ने फरार होने से एक महीने पहले ही वीआरएस के लिए आवेदन कर दिया था। 60 सप्ताह का इन्वेस्टमेंट प्लान ठगों ने बैंक से दोगुने ब्याज का रिटर्न, हर हफ्ते ब्याज का पैसा अकाउंट में, नया ग्राहक जोड़ने पर कमीशन, धोलेरा सिटी में प्लॉट जैसे लालच दिए। जिसने भी इनका प्लान सुना, लालच में आकर शिकार बनता चला गया। इसे साधारण तरीके से समझाते हैं ... कंपनी में इन्वेस्टमेंट प्लान 50 हजार रुपए से शुरू होता था, जिसे 60 महीने के लिए जमा करवाने पर हर हफ्ते उसके ब्याज के रूप में 1352 रुपए रिटर्न मिलता था। इसी तरह 1 लाख रुपए जमा करवाने पर 2704 रुपए मिलते थे। कंपनी ने लोगों को झांसे में लेने के लिए ऐसे बुकलेट बना रखे थे। इन बुकलेट में भविष्य के प्रोजेक्ट, प्लानिंग, लैंड, प्लॉट, मॉल्स के अच्छे-अच्छे फोटो लगाकर ऐसे पेश किया जाता था जैसे सचमुच ऐसा शहर बसा रहे हैं। मान लीजिए कंपनी में आपने 50 हजार रुपए 60 महीने के लिए इन्वेस्ट किए हैं। अब आपको हर 7 दिन बाद बैंक अकाउंट में 1352 रुपए मिलना शुरू हो जाएंगे। 60 सप्ताह यानी 14 महीने तक इन्वेस्टमेंट रखने पर उसे 1352X60 = 81 हजार 120 रुपए देने का दावा कंपनी करती थी। यानी 50 हजार रुपए पर 14 महीने में 31 हजार 120 रुपए की कमाई। इसी तरह 1 लाख रुपए जमा कराने पर 14 महीने में 62 हजार से ज्यादा का रिटर्न मिलता था। ऐप बनाकर हाइटेक तरीका अपनाया कंपनी ने इन्वेस्ट प्लान सक्सेस करने के लिए NEXA EVERGREEN के नाम से एक मोबाइल ऐप भी बना रखा था। इस ऐप के जरिए जुड़ने वाले हर कस्टमर की आईडी-पासवर्ड जनरेट होते थे। इससे ग्राहक को भरोसा रहता था कि ऐप में हो रहा लेनदेन सेफ है। कंपनी सिस्टेमेटिक तरीके से काम कर रही है और भागेगी नहीं। कंपनी के झांसे में आए सीकर के सुरेंद्र ने बताया कि उन्होंने एक बार ऐप पर पासवर्ड बदल दिया था। कंपनी से फोन आया और वापस वही पासवर्ड रखने के लिए बोला था। वे आईडी खोल कर चेक करते रहते थे। ऐप पर ही कमीशन और रुपयों का इंवेस्टमेंट का रिकॉर्ड रहता था। लेकिन सुरेन्द्र यह समझ नहीं पाए कि कंपनी ऐसा क्यों कर रही है। मोबाइल ऐप में कस्टमर की यूजर आईडी और उसका पासवर्ड दिया जाता था। ऐसे ही एक कस्टमर के ऐप में अकाउंट का स्क्रीनशॉट। हर मंगलवार की सुबह रुपए ट्रांसफर कंपनी रुपए इन्वेस्ट कराने के बाद उसके रिटर्न का पैसा हर सप्ताह के मंगलवार को सीधे अकाउंट में ट्रांसफर कराती थी। सोमवार की रात को 12 बजते ही पैसा अकाउंट में आना शुरू हो जाता था। सुबह उठते ही लोगों के रुपए अकाउंट में मिलने पर चेहरे पर खुशी आ जाती थी। जब लोगों को पक्का विश्वास हो गया तो कई लोगों ने अपनी जमीनें बेचकर कंपनी में पैसा लगाना शुरू कर दिया। नए लोगों को जोड़ने पर कमीशन कंपनी मल्टीलेवल मार्केटिंग पैटर्न पर काम कर रही थी। एक के नीचे तीन लोगों काे जोड़ना, फिर उन तीन के नीचे तीन-तीन कर 9 लोगों की चेन बनाने का सिस्टम बनाया गया था। तीन लोगों को जोड़ने पर हर ग्राहक को 4500 रुपए का कमीशन अलग से दिया जाता था। इसी तरह आपके द्वारा जोड़े गए ग्राहक ने एक और आदमी से इन्वेस्टमेंट कराया तो उसका भी हर सप्ताह 200 रुपए कमीशन और तीन लोगों की चेन बनने पर 600 रुपए मिलते थे। ऐसे में लोगों ने ज्यादा लालच में पड़ कर अपने रिश्तेदारों और पड़ोस के लोगों, जान पहचान वाले लोगों को जोड़ना शुरू कर दिया। कंपनी बाकायदा नियम के अनुसार 74 रुपए का टीडीएस 60 सप्ताह तक काटती थी जोकि मार्च में मिल जाता था। सीकर में खुले नेक्सा कंपनी के एक ऑफिस की पुरानी तस्वीर जो हमें पीड़ितों ने उपलब्ध करवाई है। आज यहां ताला लगा हुआ है। थाईलैंड, बैंकॉक के टयूर, प्लॉट व लग्जरी कार का लालच कंपनी ने अपने इन्वेस्टमेंट मैनेजर्स के जरिए 3000 से ज्यादा एजेंट तैयार किए। इन एजेंटों को बड़े टारगेट दिए जाते, जिन्हे पूरा करने पर थाईलैंड व बैंकॉक का फ्री टूर दिया जाता था। एजेंट को कंपनी अपने आईडी कार्ड बनाकर देती थी, ताकि झांसे में आने वाले ग्राहक को सब कुछ असली नजर आए। अपने अंडर में नई चेन बनाने पर एक एजेंट को 25 हजार रुपए का कमीशन अलग से दिया जाता था। साथ ही बड़े शहरों में प्लॉट और लग्जरी कार का लालच देते थे। सेमिनार में करते थे ब्रेन वॉश ज्यादा से ज्यादा लोगों का ब्रेन वॉश करने के लिए जयपुर, सीकर व बड़े-बड़े शहरों में सेमिनार किए जाते थे। सेमिनार में मोटिवेशनल स्पीकर व सेलिब्रेटी बुलाकर अपनी धाक जमाते थे। फिर विदेश घूमकर आए एजेंटों, ज्यादा पैसा कमाने वाले लोगों को सेमिनार में आए नए लोगों के सामने पेश किया जाता था ताकि वे भी प्रभावित होकर अपना इन्वेस्टमेंट करें। रणवीर बिजारणियां, सुभाष बिजारणियां और इनका बड़ा एजेंट गोपाल डूडवाल। इनमें सफेद कुर्ते वाला शख्स गोपाल कंपनी का सबसे ताकतवर एजेंट माना जाता है। 35 शहरों में खोले ऑफिस कंपनी ने गुजरात, मध्य प्रदेश, दिल्ली, हरियाणा के अलावा राजस्थान में जयपुर, सीकर, चूरू, झुंझुनूं, जोधपुर व अजमेर के साथ ही करीब 35 जगहों पर ऑफिस खोले थे। लेकिन सबसे ज्यादा ऑफिस शेखावाटी में खोले गए। कुछ एजेंट ऐसे भी थे जिन्होंने खुद का कामधंधा बंद करके कंपनी के बोर्ड लगाकर अपने स्तर पर ऑफिस खोल लिए थे। कंपनी के ऑफिस पहुंच कर लोग कैश में रुपए जमा करवाते थे। जयपुर, सीकर व झुंझुनूं में 200 मुकदमे दर्ज 17 जनवरी को मंगलवार के दिन जब लोगों के अकाउंट में रुपए नहीं आए तो सभी परेशान हो गए। तब कंपनी के एमड़ी सुभाष बिजारणियां ने सफाई देकर जल्द रुपए ट्रांसफर करने की बात कही। अगले सप्ताह 24 जनवरी को भी रुपए नहीं आए तो इन्वेस्ट करने वालों की धड़कनें बढ़ने लगीं। कई लोग गुजरात के धोलेरा सिटी में बनाए इनके फर्जी प्रोजेक्ट ऑफिस पहुंचे। वहां पर भी लोगों को झूठा आश्वासन दिया गया था। आखिर वही हुआ जिसका निवेशकों को डर था। खबर आई कि कंपनी के एमडी बिजारणियां बंधु, दोनों की पत्नियां और कंपनी के इन्वेस्टमेंट मैनेजर फरार हो गए हैं। इस खबर से पूरे शेखावाटी के निवेशकों में कोहराम मच गया। ठगी के शिकार लोगों की भीड़ थानों में जमा होनी शुरू हो गई। सीकर पुलिस ने ठगी के दो आरोपी कोदूराम डारा पुत्र कालूराम डारा निवासी शाहपुरा धोद और नागरमल मेहरिया पुत्र लक्ष्मण सिंह निवासी कुदन को गिरफ्तार किया है। अबतक जयपुर, जोधपुर सीकर, झुंझुनूं, चूरू सहित कई जिलों में 200 से ज्यादा एफआईआर कंपनी के खिलाफ दर्ज हो चुकी हैं। रोज इतने पीड़ित आ रहे हैं कि पुलिस भी एक-एक आदमी की एफआईआर की बजाय ग्रुप में शिकायत दर्ज कर रही है। अकेले जयपुर से 200 करोड़ की ठगी, पहली गिरफ्तारी जयपुर के अलग-अलग थानों में शिकायतें पहुंची तो उन्हें एक किया गया। जब आंकड़े जोड़े तो पता चला कि नेक्सा एवरग्रीन कंपनी ने अकेले जयपुर में 540 लोगों से 200 करोड़ रुपए की ठगी कर रखी थी। ठगी के शिकार लोगों ने जयपुर पुलिस कमिश्नर से मिलकर शिकायत की। इसके बाद झोटवाड़ा पुलिस ने एक्शन लिया और पहली गिरफ्तारी 3 फरवरी को एक डायरेक्टर दातार सिंह की हुई। झोटवाड़ा पुलिस ने आरोपी दातार सिंह से कंपनी के एमड़ी सहित अन्य लोगों को लेकर पूछताछ कर रही है। दातार सिंह के पास जयपुर की जिम्मेदारी थी। वहीं कंपनी में एमड़ी सुभाष बिजारणियां, रणवीर बिजारणियां सहित अन्य लोग शेखावाटी का नेटवर्क देखते थे। कंपनी में 20 से ज्यादा लोग शामिल हैं जिनके पास अलग-अलग जगहों की जिम्मेदारी थी। ये भी पढ़ें… क्या जेल से बाहर आए ठग तो लौटाएंगे 2700 करोड़?:एक्सपट्र्स बोले- 2 तरीकों से मिल सकते हैं पैसे, केस वापस लेने की गलती न करें पुलिस वाले और आर्मीवालों को भी ठग लिया:पत्नियां चलाती थीं नेटवर्क; 70 हजार से ज्यादा लोगों से 12 हजार करोड़ की ठगी
कोण्डागांव जिले में जुआ-सट्टे के खिलाफ पुलिस की कार्रवाई जारी है। बनियागांव के सरगीपारा में जुआ खेलते 5 लोगों को पुलिस ने रंगे हाथों गिरफ्तार किया है। आरोपियों के पास से कैश, पांच मोबाइल और ताश की गड्डी समेत कुल 53,990 रुपए का सामान जब्त किया गया। पुलिस को 26 अगस्त को सूचना मिली थी कि सरगीपारा में कुछ लोग ताश के पत्तों पर पैसे लगाकर जुआ खेल रहे हैं। सूचना मिलते ही थाना कोण्डागांव और साइबर सेल की संयुक्त टीम मौके पर पहुंची और घेराबंदी कर पांच लोगों को पकड़ लिया। 1,990 रुपए कैश और 5 मोबाइल मिले पुलिस ने जुआ फड़ से 1,600 रुपए और आरोपियों के पास से 390 रुपए बरामद किए। इस तरह कुल 1,990 रुपए कैश जब्त हुए। इसके अलावा पांच टच स्क्रीन मोबाइल मिले, जिनकी कीमत करीब 52 हजार रुपए बताई गई है। मौके से 52 ताश के पत्ते और एक पुराना कपड़ा भी जब्त किया गया। ये आरोपी पकड़े गए गिरफ्तार आरोपियों की पहचान विनोदी (27), कृष्णा मंडावी (23), लोकेश्वर नेताम (32), राजेश मंडावी (30) और गुपेन्द्र सोढ़ी (24) के रूप में हुई है। सभी आरोपी बनियागांव सरगीपारा के रहने वाले हैं। जुआ प्रतिषेध अधिनियम में केस पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ छत्तीसगढ़ जुआ प्रतिषेध अधिनियम, 2022 की धारा 3 के तहत केस दर्ज किया है। मामले में आगे की जांच की जा रही है। जुआ-सट्टे के खिलाफ कार्रवाई जारी यह कार्रवाई थाना प्रभारी सौरभ उपाध्याय के नेतृत्व में थाना पुलिस और साइबर सेल की संयुक्त टीम ने की। पुलिस ने कहा कि जिले में जुआ, सट्टा और अन्य असामाजिक गतिविधियों के खिलाफ अभियान आगे भी जारी रहेगा।
सितंबर में 8 दिन बंद रहेंगे बैंक, 11 को देशव्यापी हड़ताल; बिहार की 7 हजार शाखाओं पर असर
सितंबर में बिहार की करीब सात हजार बैंक शाखाएं छुट्टियों और बैंककर्मियों की हड़ताल के कारण आठ दिन प्रभावित रहेंगी। यूएफबीयू ने 11 सितंबर को देशव्यापी हड़ताल बुलाई है, साथ ही 5-दिवसीय कार्य सप्ताह की मांग की है।

