राज्य सरकार ने समान सिविल संहिता (UCC) पर बिल लाने से पहले जनता से सुझाव लेने शुरू कर दिए हैं। जनता से सुझाव लेने के बाद बिल का ड्राफ्ट तैयार किया जाएगा। यूसीसी बिल विधानसभा के अगले सत्र में रखा जाएगा। यूसीसी के लिए बनी समिति ने जनता से ऑनलाइन और जनसुनवाई के जरिए 19 सवालों के जवाब मांगे हैं। यूसीसी बिल में लिव इन में रहने वालों का रजिस्ट्रेशन अनिवार्य करने का प्रावधान होगा। यूसीासी बिल में सभी धर्मों में तलाक और संपत्ति पर अधिकार के एक जैसे कानूनी प्रावधान करने की तैयारी है। यूसीसी के लिए जनता से मांगे गए सुझावों में सबसे ज्यादा सवाल लिव इन इन रिश्तों पर है। लोगों से लिव इन में रहने वाले कपल का रजिस्ट्रेशन अनिवार्य करने और लिव इन रिश्ता खत्म होने पर तलाक जैसे प्रावधान लागू करने पर भी राय पूछी गई है। लिव इन रिलेशनशिप, तलाक पर ज्यादा सवाल जनता से मांगी गई राय में सबसे ज्यादा सवाल लिव इन रिलेशन पर हैं। शादी, तलाक पर भी कई सवाल हैं। यूसीसी पर बनी समिति ने जनसुनवाई के जरिए भी ले रही सुझाव यूसीसी के लिए बनी हाईपावर कमेटी के मेंबर संभाग मुख्यालयों पर जाकर लोगों से सुझाव ले रहे हैं। सुप्रीम कोर्ट की रिटायर्ड जज रंजना प्रकाश देसाई की अध्यक्षता में बनी कमेटी जनसुनवाई के जरिए भी UCC पर सुझाव ले रही हैं। समिति ने लोगों को SMS भेजकर भी सुझाव देने की अपील की है। 25 जुलाई तक दे सकते हैं ऑनलाइन सुझाव समान सिविल संहिता (UCC) पर आने वाले बिल पर ऑनलाइन सुझाव दे सकते हैं। 25 जुलाई तक सुझाव देने की समय सीमा तय की गई है। इसके लिए अलग से पॉर्टल बनाया है। कोई भी https://ucc.rajasthan.gov.in पर सुझाव दे सकते हैं। जयपुर में 10 और 11 जुलाई को सुनवाई करेगी समिति यूसीसी पर बनी समिति के मेंबर संभाग मुख्यालयों पर जाकर जनसुनवाई के जरिए लोगों से सुझाव ले रहे हैं। समिति के मेंबर शत्रुघ्न सिंह 10 और 11 जुलाई को जयपुर में जनसुनवाई करेंगे। समिति मेंबर बसंत सिंह छाबा 7 जुलाई को अजमेर में जनसुनवाई करेंगे, छाबा 13 और 14 जुलाई को उदयपुर में जनसुनवाई करेंगे। मेंबर रामस्वरूप अग्रवाल कोटा में 7 से 8 जुलाई और भरतपुर में 9 से 10 जुलाई को जनसुनवाई करेंगे।
राजस्थान के अधिकतर हिस्सों में मानसून सक्रिय हो गया है। आज भी 4 जिलों के छोड़कर पूरे प्रदेश में बारिश का ऑरेंज और यलो अलर्ट है। जयपुर में रातभर हुई बरसात से मौसम बदल गया है। सीकर देर रात एक इंच से ज्यादा पानी बरसा। शहर की प्रमुख सड़कों पर पानी भरने से सोमवार सुबह कई गाड़ियां पानी में फंस गईं। बीते 24 घंटे में सवाई माधोपुर सहित कई जिलों में भी 2 इंच से ज्यादा पानी बरसा है। मौसम विभाग के अनुसार मानसून की सबसे ज्यादा एक्टिविटी उदयपुर, कोटा और भरतपुर संभाग में नजर आ रही है। रविवार को भी इन संभाग के जिलों में अच्छी बरसात हुई। एक्सपर्ट ने बताया बंगाल की खाड़ी में बने डिप्रेशन सिस्टम के असर से राजस्थान में अगले 4-5 दिनों तक मानसून इसी तरह सक्रिय रहेगा। इधर लगातार बरसात से जयपुर सहित तीन जिलों को पानी सप्लाई करने वाले बीसलपुर डैम में लगातार पानी की आवक हो रही है। गर्मी-बारिश के बड़े अपडेट्स जयपुर में अब तक सामान्य से ज्यादा बरसात: सीकर में रविवार देर रात शुरू हुआ बारिश का दौर सोमवार सुबह तक जारी रहा। यहां कुछ घंटों में 29 मिमी. से जयादा पानी बरसा है। शहर के प्रमुख सड़कें पानी में डूब गई हैं। जयपुर में रातभर रुक-रुककर बरसात हुई। राजधानी में 5 जुलाई तक सामान्यत: 82 मिमी. बारिश होती है। इस साल 111 मिमी. से ज्यादा बारिश हुई है। भराव क्षमता का 67 प्रतिशत जलस्तर: बीसलपुर बांध में पानी की आवक शुरू हो गई है। बांध के भीलवाड़ा और टोंक जिले में स्थित कैचमेंट एरिया में पिछले चार दिन से बारिश होने से जलस्तर लगातार बढ़ रहा है। बांध में 20 सेमी पानी आया है। वर्तमान में बांध का जलस्तर 313.66 आरएल मीटर यानी कुल भराव क्षमता का 67 प्रतिशत हो गया है। अगले 5-6 दिन सक्रिय रहेगा मानसून: राधेश्याम शर्मा ने बताया- इस नए वेदर सिस्टम के असर से राज्य के पूर्वी भागों में आगामी 5-6 दिनों तक मानसून पूरी तरह सक्रिय रहेगा। इसके प्रभाव से हल्की से मध्यम बारिश और कुछ स्थानों पर भारी बारिश होने की संभावना है। अब देखिए- राजस्थान में बारिश की PHOTOS…
‘दम है तो दिखाओ’ मैच में राजस्थान चैलेंजर ने एक रन से जीत दर्ज की
जयपुर | जयपुर में वर्गो संस्कृति संस्था की ओर से ‘दम है तो दिखाओ’ शीर्षक के तहत आर्मी ग्राउंड, माचडा रोड, सीकर रोड पर 10 ओवर का रोमांचक क्रिकेट मुकाबला कराया गया। संस्था के सूचना मंत्री सुनील जैन ने बताया कि मैच राजस्थान चैलेंजर और जयपुर किंग्स के बीच खेला गया, जिसमें राजस्थान चैलेंजर ने एक रन से जीत दर्ज की। मुकाबले में दोनों टीमों के खिलाड़ियों ने आक्रामक बल्लेबाजी और सटीक गेंदबाजी से दर्शकों का भरपूर मनोरंजन किया और खेल भावना के साथ अंत तक संघर्ष जारी रखा। पुरस्कार वितरण में सुनील जैन ने विजेता टीम के कप्तान सौरभ शर्मा को ट्रॉफी सौंपी और टीम को गोल्ड मेडल पहनाकर सम्मानित किया। आयोजकों के अनुसार कार्यक्रम का उद्देश्य युवाओं में खेल के प्रति रुचि बढ़ाना और स्वस्थ प्रतिस्पर्धा को प्रोत्साहित करना रहा।
आइस हॉकी; लद्दाख टीम से 10-2 हारी राजस्थान टीम, रश्मि ने किए दोनों गोल
देहरादून के हिमाद्री आइस हॉकी रिंक में चल रही नेशनल आइस हॉकी चैम्पियनशिप में राजस्थान की महिला टीम को लगातार तीसरी हार का सामना करना पड़ा। शनिवार को खेले गए मैच में चैम्पियन लद्दाख ने राजस्थान को 10-2 से पराजित किया। राजस्थान के लिए खास बात यह रही कि रश्मि ने दो गोल किए। टूर्नामेंट में रश्मि का यह तीसरा गोल था। इसके अलावा राजस्थान गोलकीपर लक्ष्मी का प्रदर्शन भी सराहनीय रहा। रेगिस्तान से आइस रिंक तक राजस्थान महिला टीम राजस्थान की महिला आइस हॉकी टीम ऐसे खेल में भाग्य आजमा रही है जिसमें उसे खुद तैयारी करने के लिए भी अपने राज्य से बाहर जाना पड़ता है। राजस्थान की आइस हॉकी टीमें ज्यादातर तैयारियां देहरादून में करती हैं। घर में वह आमतौर पर स्केटिंग रिंक में ही तैयारियों को अंजाम देती हैं लेकिन जब नेशनल वगैरह का आयोजन होता है कि 15-15, 20-20 दिन पहले देहरादून जाकर तैयारियां करती हैं। फिर सामने टक्कर में लद्दाख और जम्मू-कश्मीर की भी टीमें होती हैं जहां कि साल में से 6-8 महीने तक बर्फ पड़ती है। फिर भी रेगिस्तान की ये टीमें बर्फ की चादर से ढके रहने वाली टीमों को टक्कर दे रही हैं। भविष्य में उम्मीद है कि राजस्थान की ये टीमें इन चैम्पियन टीमों को हराने के लिए भी तैयार होंगी। राजस्थान महिला टीम रश्मि, लक्ष्मी, प्रिया, करिश्मा, करिश्मा-2, पूजा, कविता, भावना (फलोदी)। मेनका, अनशनी नलवा (जोधपुर), चंद्रावती, सुमन (बाड़मेर), सुष्मिता चौधरी, निरमा एडिंग (नागौर), शारदा (बीकानेर), मोनिका चौधरी (भरतपुर), मुनीशा कुमारी (जैसलमेर)।
कानपुर पुलिस कमिश्नरेट के 'ऑपरेशन व्हाइट पाउडर' के तहत सजेती थाना क्षेत्र में रविवार को बड़ी कार्रवाई करते हुए करीब चार कुंतल गांजा बरामद किया गया। उड़ीसा से राजस्थान ले जाई जा रही इस खेप की अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमत करीब साढ़े तीन करोड़ रुपये आंकी गई है। पुलिस ने ट्रक चालक को गिरफ्तार कर अंतरराज्यीय तस्करी नेटवर्क की जांच शुरू कर दी है। बरीपाल मार्केट के पास घेराबंदी कर पकड़ा ट्रक एडीसीपी साउथ सुमित सुधाकर रामटेके की टीम को सूचना मिली थी कि उड़ीसा से भारी मात्रा में गांजा कानपुर के रास्ते राजस्थान ले जाया जा रहा है। सूचना के आधार पर घाटमपुर एसीपी कृष्णकांत और सजेती पुलिस ने बरीपाल मार्केट के पास घेराबंदी कर ट्रक को रोक लिया। तलाशी में ट्रक से गांजे की सैकड़ों सिल्लियां बरामद हुईं। ट्रक चालक भागने की कोशिश करने लगा, लेकिन पुलिस ने पीछा कर उसे गिरफ्तार कर लिया। राजस्थान पहुंचते ही सौंपनी थी खेप गिरफ्तार चालक ने पूछताछ में अपना नाम रामेश्वर, निवासी राजस्थान बताया। उसने पुलिस को बताया कि राजस्थान की सीमा में प्रवेश करने के बाद उसे एक व्यक्ति को यह खेप सौंपनी थी। सप्लाई लेने वाले के पास केवल ट्रक का नंबर था, जबकि उड़ीसा के तस्कर दोनों पक्षों के बीच संपर्क का काम करते थे। पुलिस ने चालक का मोबाइल फोन कब्जे में लेकर पूरे नेटवर्क की जांच शुरू कर दी है। महिलाओं और बच्चों का भी लेते थे सहारा प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि यह गांजा राजस्थान के विभिन्न जिलों में पहुंचाकर छोटी-छोटी पुड़ियों में बेचने की तैयारी थी। पुलिस को यह भी जानकारी मिली है कि तस्कर अक्सर पुलिस के शक से बचने के लिए ट्रकों में महिलाओं और बच्चों को भी साथ बैठाते हैं। इस मामले में भी महिलाएं और बच्चे ट्रक में सवार थे, जिन्हें कानपुर पहुंचने से पहले ही रास्ते में उतार दिया गया था। अंतरराज्यीय तस्करी नेटवर्क की जांच शुरू पुलिस के अनुसार उड़ीसा में कम कीमत पर मिलने वाला गांजा दूसरे राज्यों में पहुंचते-पहुंचते कई गुना महंगा बिकता है। बरामद खेप के तार एक बड़े अंतरराज्यीय तस्करी गिरोह से जुड़े होने की आशंका है। पुलिस अब उड़ीसा और राजस्थान के तस्करों के बीच सक्रिय नेटवर्क की कड़ियां जोड़ने में जुटी है। एडीसीपी बोले- अभियान लगातार जारी रहेगा एडीसीपी साउथ सुमित रामटेके ने बताया कि सूचना के आधार पर कार्रवाई करते हुए चार कुंतल गांजा और ट्रक चालक को गिरफ्तार किया गया है। मामले में पूरे तस्करी नेटवर्क की जांच की जा रही है। उन्होंने कहा कि मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ पुलिस का अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा।
पूर्व छात्र पंजीयन एवं संपर्क अभियान से जुड़ेगा राजस्थान का पूर्व छात्र परिवार
जयपुर। विद्या भारती राजस्थान द्वारा संचालित पूर्व छात्र पंजीयन एवं संपर्क अभियान (1 जुलाई से 15 अगस्त 2026) के अंतर्गत आज सेवाधाम परिसर, जयपुर में पूर्व छात्र परिषद, जयपुर महानगर के कार्यकर्ताओं की एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक में क्षेत्रीय संगठन मंत्री गोविंद कुमार ने अभियान की रूपरेखा, उद्देश्य तथा कार्यपद्धति पर विस्तार […] The post पूर्व छात्र पंजीयन एवं संपर्क अभियान से जुड़ेगा राजस्थान का पूर्व छात्र परिवार appeared first on Sabguru News .
जब भी राजस्थान का नाम जेहन में आता है, तो तपती धूप, उड़ती रेत और झुलसाने वाली गर्मी की तस्वीर सामने उभरती है। लेकिन क्या आप जानते हैं कि मरुभूमि कहे जाने वाले इसी राज्य में एक ऐसी जादुई जगह भी मौजूद है, जिसे 'राजस्थान का स्विट्जरलैंड' कहा जाता है? जब पूरे प्रदेश में पारा 45 डिग्री सेल्सियस को पार कर जाता है और लोग लू के थपेड़ों से बेहाल रहते हैं, तब भी इस खास हिल स्टेशन पर मौसम पूरी तरह सुहाना रहता है। यहां की वादियों में कदम रखते ही आपको बिना एसी के भी कड़ाके की ठंडक और बर्फ जैसी सर्द हवाओं का अहसास होने लगेगा।अरावली की वादियों में छिपा है कुदरत का यह अनोखा और अनसुना करिश्मारेगिस्तानी राज्य का यह इकलौता और बेहद खूबसूरत हिल स्टेशन कोई और नहीं, बल्कि सिरोही जिले में स्थित माउंट आबू (Mount Abu Hill Station) है। समुद्र तल से करीब 1220 मीटर की ऊंचाई पर बसे माउंट आबू की भौगोलिक स्थिति ही इसकी सबसे बड़ी खूबी है। घने जंगलों, प्राकृतिक झीलों और अरावली की ऊंची पहाड़ियों से घिरे होने के कारण यहां का तापमान मैदानी इलाकों के मुकाबले हमेशा बहुत कम रहता है। गर्मियों के सीजन में जहां दिल्ली-एनसीआर और जयपुर उबल रहे होते हैं, वहीं माउंट आबू का सुहाना मौसम देश-विदेश के पर्यटकों को अपनी ओर खींच लाता है।नक्की झील और गुरु शिखर की ठंडी हवाएं कर देंगी आपको मंत्रमुग्धमाउंट आबू आने वाले सैलानियों के लिए यहां की प्रसिद्ध नक्की झील (Nakki Lake) और राजस्थान की सबसे ऊंची चोटी 'गुरु शिखर' सबसे बड़े आकर्षण का केंद्र हैं। शाम के समय जब नक्की झील में बोटिंग के दौरान ठंडी हवाएं चेहरे को छूती हैं, तो सैलानियों की सारी थकान पल भर में गायब हो जाती है। वहीं गुरु शिखर पर पहुंचकर बादलों को बेहद करीब से देखने का अहसास बिल्कुल कश्मीर या स्विट्जरलैंड जैसा अनुभव कराता है। अगर आप भी इस चिलचिलाती गर्मी में किसी बजट-फ्रेंडली और ठंडी जगह पर घूमने का प्लान बना रहे हैं, तो राजस्थान का यह छुपा हुआ खजाना आपके लिए सबसे बेस्ट ऑप्शन साबित हो सकता है।
महेंद्रगढ़ विधानसभा क्षेत्र में नई सड़कों के निर्माण कार्य का शुभारंभ विधायक कंवर सिंह यादव ने किया। सतनाली के गांव बारड़ा से सुरेहती पिलानियां और सुरेहती पिलानियां से राजस्थान बॉर्डर तक ये सड़कें बनाई जाएगी। इन सड़कों का निर्माण कार्य लगभग तीन महीने में पूरा कर लिया जाएगा। विधायक कंवर सिंह यादव ने बताया कि बारड़ा से सुरेहती पिलानियां तक लगभग 3 किलोमीटर लंबी सड़क 98.87 लाख रुपए की लागत से बनेगी। वहीं, सुरेहती पिलानियां से राजस्थान बॉर्डर तक लगभग 2 किलोमीटर लंबी सड़क का निर्माण 50.74 लाख रुपए की लागत से होगा। दोनों सड़कें 12 फुट चौड़ी होंगी और इनका निर्माण मार्केटिंग बोर्ड महेंद्रगढ़ द्वारा कराया जाएगा। ग्रामीणों ने किया विधायक का स्वागत इस अवसर पर ग्रामीणों ने विधायक का फूल-मालाओं से स्वागत कर आभार व्यक्त किया। विधायक यादव ने कहा कि अच्छी सड़कें किसी भी क्षेत्र के विकास की आधारशिला होती हैं। इन सड़कों के बनने से किसानों, विद्यार्थियों, व्यापारियों और आम नागरिकों सहित ग्रामीणों को आवागमन में सुविधा मिलेगी। सभी गांव में मूलभूत सुविधाएं पहुंचाना लक्ष्य उन्होंने अपनी प्राथमिकता बताते हुए कहा कि विधानसभा क्षेत्र के प्रत्येक गांव तक बेहतर सड़क, पेयजल, सिंचाई और अन्य मूलभूत सुविधाएं पहुंचाना उनका लक्ष्य है। उन्होंने जोर दिया कि सरकार बिना किसी भेदभाव के विकास कार्यों को गति दे रही है और हर गांव तक मूलभूत सुविधाएं पहुंचाने के लिए प्रतिबद्ध है। योजनाओं को धरातल पर उतारा जाएगा विधायक ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि निर्माण कार्य गुणवत्ता के साथ निर्धारित समय सीमा में पूरा किया जाए, ताकि क्षेत्र के लोगों को जल्द से जल्द इसका लाभ मिल सके। उन्होंने कहा कि महेंद्रगढ़ विधानसभा क्षेत्र में विकास कार्यों की गति तेज की गई है और आने वाले समय में भी जनहित की अनेक योजनाओं को धरातल पर उतारा जाएगा। कार्यक्रम के दौरान ये रहे शामिल इस मौके पर बीजेपी जिला महामंत्री योगेश शास्त्री, मार्केट कमेटी एसडीओ प्रवेश कुमार, जेई दाताराम, बारड़ा कृष्ण सरपंच, डालनवास ओमपाल सरपंच, माधोगढ़ रामपाल, हंसराज लाम्बा, रामोतार, रामकिशन, ओमप्रकाश डागर और धर्मपाल साहब सहित कई ग्रामीण मौजूद रहे।
लुधियाना में 3 जुलाई शुक्रवार सुबह मॉर्निंग वॉक पर निकली प्रॉपर्टी डीलर की पत्नी को तेज रफ्तार कार ने कुचल दिया। महिला को टक्कर मारने के बाद टायर भी सिर पर चढ़ा दिया था। महिला के शरीर की हड्डियां तक टूट गई। गंभीर रूप से घायल महिला ने अस्पताल में इलाज के दौरान दम तोड़ दिया। एक्सीडेंट की लाइव वीडियो अब सामने आई है। एक्सीडेंट करने वाले युवक 12वीं पास है उसे पुलिस ने अब्दूल्लापुर बस्ती से काबू किया है। राजस्थान से हुई कार बरामद पुलिस को कार राजस्थान से बरामद हुई है। युवक ने रील बनाने के चक्कर में मार्निंग वाक कर रही महिलाओं को कुचल दिया था। कार ने टक्कर के बाद दोनों महिलाओं काफी दूर जाकर गिरी लेकिन एक महिला हरप्रीत गाड़ी के नीचे आ गई। हरप्रीत को कार ड्राइवर टायर के नीचे घसीटता ले गया। जिस कारण उसकी मौत हो गई थी। जानकारी मुताबिक आरोपी की पहचान अमन कुमार के रूप में हुई है। मृतक हरप्रीत के भतीजे दीप ने बताया कि उसकी बुआ हरप्रीत को टक्कर मारने के बाद आरोपी मौके से फरार हो गया था। उन्होंने जब पुलिस को शिकायत दी तो पुलिस भी जांच में लगी लेकिन वह खुद भी निजी तौर पर मामले की जांच करवा रहे थे। 8 जगह बिकी है कार उन्होंने अपने स्तर पर पता किया तो पता चला कि स्विफ्ट डिजायर कार 7 बार पहले बिक चुकी है। इस बार ये 8वां मालिक है। गाड़ी ने कई टोल पार किए। जब गाड़ी के फास्ट टेग चैक करवाए तो पता चला कि गाड़ी राजस्थान पहुंच चुकी है। आरोपी का पिता ने गाड़ी के फ्रंट शीशे को दुगरी की एक दुकान से बदलवाया और सबूत मिटाए। अब जानिए क्या है पूरा मामला… सहेली साथ सैर पर निकली थी महिलाः मॉडल टाउन इलाके में शुक्रवार सुबह 6 बजे हरप्रीत कौर (53) अपनी सहेली प्रीति (50) के साथ सैर करने निकली थी। दोनों महिलाएं सड़क किनारे चलते हुए आपस में बातचीत कर रही थीं। स्विफ्ट डिजायर से टक्कर मारीः इसी दौरान पीछे से तेज रफ्तार स्विफ्ट डिजायर कार (Pb10GD8007) आई और दोनों महिलाओं को जोरदार टक्कर मार दी। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि दोनों महिलाएं सड़क पर जा गिरीं। घटना स्थल पर लगे सीसीटीवी कैमरों में पूरी वारदात रिकॉर्ड हो गई। 10 मीटर तक महिला को ड्राइवर ने घसीटाः महिला के गिरने के बाद भी कार सवार ने गाड़ी नहीं रोकी और उसके ऊपर से भगाने की कोशिश की। महिला के सिर के ऊपर ही टायर गुजारकर उसने 10 मीटर तक घसीटा। महिला मृत घोषित, सहेली का इलाज जारीः लोगों की मदद से दोनों घायल महिलाओं को तुरंत दीप अस्पताल पहुंचाया गया। जहां डॉक्टरों ने हरप्रीत कौर को मृत घोषित कर दिया, जबकि दूसरी महिला का इलाज जारी है। कारोबारी की पत्नी थी, बेटी की हाल में शादी हुई मृतका हरप्रीत कौर चार खंभा चौक, मॉडल टाउन इलाके की रहने वाली थीं। परिवार के अनुसार उनकी एक बेटी है, जिसकी कुछ समय पहले ही शादी हुई थी। उनके पति प्रॉपर्टी कारोबार से जुड़े हुए हैं।
राजस्थान में मानसून की बारिश का दौर शनिवार को भी जारी रहा। दोपहर बाद सीकर, सवाई माधोपुर, झालावाड़ समेत अन्य जिलों में एक इंच तक बारिश हुई। मौसम विभाग के अनुसार, राज्य में अगले पांच दिनों तक मानसून की बारिश का दौर जारी रहेगा। वहीं, जयपुर, कोटा और भरतपुर संभाग के कुछ इलाकों में अतिभारी बारिश की भी आशंका है। अगले 2-3 दिनों में मानसून के आगे बढ़ने की भी संभावना है। रविवार को झालावाड़, चित्तौड़गढ़, प्रतापगढ़, बांसवाड़ा, डूंगरपुर और उदयपुर में बारिश का ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है। वहीं, जैसलमेर और बीकानेर को छोड़कर पूरे राजस्थान में बारिश का यलो अलर्ट जारी है। अब- मौसम से जुड़ी 2 PHOTOS… गर्मी-बारिश के बड़े अपडेट्स चौथ का बरवाड़ा में 28 मिमी बारिश: पिछले 24 घंटों में सवाई माधोपुर के चौथ का बरवाड़ा में 28 मिमी, सीकर के पलसाना में 33 मिमी, उदयपुर के पास सलूंबर में 18 मिमी, झालड़ा में 11 मिमी, प्रतापगढ़ के दलोत में 16 मिमी बारिश दर्ज हुई। इसके अलावा झुंझुनूं के नवलगढ़ में 12 मिमी, झालावाड़ के झालरापाटन में 28 मिमी, हनुमानगढ़ के भादरा में 16 मिमी और उदयपुर शहर में 11 मिमी बारिश दर्ज की गई। पारा 43 डिग्री पर: राज्य के पश्चिमी जिलों में गर्मी का असर तेज रहा। यहाँ सबसे अधिक तापमान 42.9 डिग्री सेल्सियस जैसलमेर में दर्ज किया गया। इसके अलावा बीकानेर में 42.4, गंगानगर और बाड़मेर में 41.6, फलोदी में 41.2, चूरू में 39.8, फतेहपुर में 38.5, पिलानी में 37.5, हनुमानगढ़ में 37.6, दौसा में 37.3 और झुंझुनूं में 37.1 डिग्री सेल्सियस तापमान दर्ज हुआ। अतिभारी बारिश की आशंका: मौसम विज्ञान केन्द्र जयपुर के निदेशक राधेश्याम शर्मा ने बताया कि बंगाल की खाड़ी और उससे सटे ओडिशा तट पर एक 'वेल-मार्कड लो-प्रेशर सिस्टम' (कम दबाव का क्षेत्र) बना हुआ है। साथ ही, मानसून ट्रफ राजस्थान के दक्षिण-पश्चिमी हिस्से से होकर गुजर रही है। इस दौरान पूर्वी और दक्षिण पूर्वी जिलों में अतिभारी बारिश हो सकती है।
राजस्थान के 30 से ज्यादा जिलों में बरसने के बाद अब आखिर में मानसून पश्चिमी राजस्थान के अंतिम छोर तक पहुंच गया है। शनिवार को बाड़मेर-जैसलमेर जिले में भी बारिश हुई। मानसून इस बार करीब 9 दिन देरी से पहुंचा है, लेकिन अब जिले के ग्रामीण इलाकों में बारिश हुई है। अब मानसून के करीब 6-7 दिन तक सक्रिय रहने की संभावना है। इससे जिले में अच्छी बारिश हो सकती है। रविवार रात करीब 8 बजे बाड़मेर शहर में आंधी के साथ मानसून की एंट्री हुई। हालांकि शहर में रात 9 बजे तक तेज आंधी चलनी शुरू हुई। इससे जिले के कई इलाकों में होर्डिंग, पेड़-पौधे और बिजली के पोल भी गिर गए। हालांकि आधा घंटा बाद आंधी की रफ्तार थम गई। आसमान में आकाशीय बिजली की चमक और मेघगर्जना का दौर चला।जिले के चौहटन, रामसर, गिराब इलाके में कहीं हल्की और मध्यम बारिश होने के समाचार मिले है। दिनभर की उमस के बाद शाम को ग्रामीण इलाकों में हुई बारिश से गर्मी से राहत मिली। रविवार को बाड़मेर का अधिकतम पारा 41.6 और न्यूनतम 27.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। आगे क्या- एक सप्ताह से ज्यादा दिन सक्रिय रहेगा मानसून: मौसम विभाग के मुताबिक अब एक सप्ताह से ज्यादा समय तक प्रदेश में मानसून सक्रिय रहेगा। अब तूफानी हवा के साथ बारिश की संभावना बनी रहेगी। अब मानसून के करीब 6-7 दिन तक सक्रिय रहने की संभावना है।
दो दिन पसीना बहाने के बाद तैयार रेस्ट ऑफ राजस्थान और चैम्पियन सीकर
सीकर टीम के कोल्विन शील्ड चैम्पियन बनने के बाद राजस्थान क्रिकेट संघ में काफी कुछ बदल चुका है। हाईकोर्ट ने एडहॉक कमेटी को निलंबित कर दिया है और भास्कर ए सावंत को राजस्थान क्रिकेट के चुनाव कराने के लिए प्रशासक नियुक्त कर दिया है। इसके बावजूद राजस्थान के बेस्ट क्रिकेटर्स दो दिन पसीना बहाने के बाद रेस्ट ऑफ राजस्थान और कोल्विन शील्ड चैम्पियन सीकर के बीच मैच के लिए तैयार हैं। तीन दिवसीय मैच सवाई मानसिंह स्टेडियम में रविवार से खेला जाएगा। मैच पर बारिश का साया बना रहेगा। जिस तरह से कोल्विन शील्ड का फाइनल खेला गया था और तीन दिन में सिर्फ और सिर्फ एक-एक ही पारियां हुई थीं और पहली पारी की बढ़त के आधार पर ही सीकर चैम्पियन बनी थी। उसे देखते हुए रेस्ट अॉफ राजस्थान और चैम्पियन सीकर के बीच मैच 4-5 दिन का होता तो बेहतर होता। खलील इंजर्ड, कई स्टार खिलाड़ी शामिल नहीं खलील अहमद आईपीएल के समय से इंजर्ड चल रहे हैं। उन्होंने इस बात की सूचना भी दे दी है। इसके अलावा कई स्टार खिलाड़ी महिपाल लोमरोर, अनिकेत चौधरी, आकाश सिंह, कार्तिक शर्मा आदि रेस्ट ऑफ राजस्थान की टीम में नहीं हैं। अब देखना है कि क्या इन स्टार खिलाड़ियों को रणजी संभावितों में जगह मिलती है या नहीं। चीफ सलेक्टर विजेन्दर यादव भी शनिवार को कुझ देर के लिए नेट सेशन देखने पहुंचे थे। राजस्थान क्रिकेट के बेस्टीज आज से खेले जाने वाले तीन दिवसीय मैच में लगाएंगे जोर
भारत की पहली प्रो बॉक्सिंग लीग में राजस्थान के प्रवीण सिंह रेफरी/जज
जयपुर }राजस्थान के प्रवीण सिंह को भारत की पहली प्रो बॉक्सिंग लीग (पीबीएल) में मुख्य रेफरी/जज की जिम्मेदारी सौंपी गई है। इंडियन एमेच्योर बॉक्सिंग फेडरेशन (आईएबीएफ) के तत्वावधान में आयोजित होने वाली यह लीग 6 से 10 जुलाई तक नई दिल्ली के तालकटोरा इंडोर स्टेडियम में खेली जाएगी। इसमें देश की चार फ्रेंचाइजी टीमें भाग लेंगी और शीर्ष पुरुष व महिला मुक्केबाज अपने दमखम का प्रदर्शन करेंगे। प्रवीण सिंह लीग के मुकाबलों में रेफरी और जज की भूमिका निभाते हुए निष्पक्ष निर्णय देंगे। उनका चयन बॉक्सिंग नियमों की गहरी समझ, लंबे अनुभव और निष्पक्ष निर्णय क्षमता के आधार पर किया गया है। उनके चयन को राजस्थान के बॉक्सिंग जगत के लिए बड़ी उपलब्धि माना जा रहा है। प्रवीण सिंह ने इस अवसर पर इंडियन एमेच्योर बॉक्सिंग फेडरेशन के राष्ट्रीय अध्यक्ष राकेश मिश्रा, महासचिव राकेश ठाकरान, राजस्थान बॉक्सिंग संघ के अध्यक्ष डॉ. दीपेंद्र सिंह तथा डॉ. हेमराज चौधरी का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय स्तर की इस प्रतिष्ठित लीग में जिम्मेदारी मिलना उनके लिए सम्मान की बात है और वे पूरी निष्पक्षता के साथ अपनी भूमिका निभाएंगे।
रिफाइनरी राजस्थान की भाग्यरेखा, देश के औद्योगिक एवं आर्थिक विकास का नया आधार : भजनलाल
बालोतरा। राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने कहा कि मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने कहा है कि सबसे लंबे समय तक निर्वाचित प्रधानमंत्री के रूप में नया इतिहास रचने वाले प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में देश पिछले 12 वर्षों से विकास, सुशासन और जनकल्याण के नए प्रतिमान स्थापित कर रहा है और उनके मार्गदर्शन में […] The post रिफाइनरी राजस्थान की भाग्यरेखा, देश के औद्योगिक एवं आर्थिक विकास का नया आधार : भजनलाल appeared first on Sabguru News .
गुना जिले के फतेहगढ़ थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले ग्राम कोंदिया और टकोरिया में अंतरराज्यीय बदमाश शिवू उर्फ शिवचरण गुर्जर और उसकी गैंग के आतंक से ग्रामीण खौफजदा हैं। डकैती, लूटपाट और पुलिस की ढीली कार्रवाई से नाराज होकर शनिवार को भारी संख्या में लामबंद ग्रामीण और पीड़ित परिवार गुना पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुंचे। ग्रामीणों ने एसपी शिकायत शाखा में आवेदन सौंपकर आरोपियों के खिलाफ सख्त धाराएं लगाने और जान-माल की सुरक्षा की गुहार लगाई है। घटना बीते 30 जून की दोपहर की है। पीड़ित लक्ष्मीनारायण धाकड़ ने बताया कि घटना के समय वे खेत पर बोवनी करने गए थे और घर पर केवल महिलाएं थीं। इसी दौरान राजस्थान के बारां जिले के छतरपुरा निवासी शातिर बदमाश शिवू उर्फ शिवचरण गुर्जर अपने तीन अन्य हथियारबंद साथियों के साथ उनके घर में घुस गया। आरोपियों ने दिनदहाड़े घर में डकैती डालकर जमकर उत्पात मचाया। उन्होंने घर के बाहर खड़ी मोटरसाइकिल, एक फोर-व्हीलर गाड़ी, कूलर और अन्य गृहस्थी के सामान में बेरहमी से तोडफ़ोड़ की। विरोध करने पर महिलाओं के साथ मारपीट की गई और उनके सोने के मंगलसूत्र, नकदी व मोबाइल छीनकर आरोपी फरार हो गए। इस हमले में पीड़ित परिवार का करीब 3 से 4 लाख रुपये का नुकसान हुआ है। ग्रामीण रविंद्र धाकड़ ने बताया कि शिवू गुर्जर एक आदतन अपराधी है, जिसने मध्य प्रदेश और राजस्थान के सीमावर्ती गांवों में दहशत फैला रखी है। वह रोजाना पार्वती नदी के किनारे गुंडागर्दी करता है और अवैध शराब की तस्करी में लिप्त है। उसकी गैंग के डर से ग्रामीण रात-रात भर जागकर पहरा देने को मजबूर हैं। ग्रामीणों ने एसपी से मांग की है कि मामले में डकैती की धाराएं बढ़ाई जाएं और पूरी गैंग को गिरफ्तार कर गांव को इस आतंक से मुक्ति दिलाई जाए।
चूरू की कृषि उपज मंडी परिसर में शनिवार को आयोजित जिला स्तरीय रोजगार उत्सव में 1600 नवनियुक्त कार्मिकों को वेलकम किट और नियुक्ति पत्र वितरित किए गए। कार्यक्रम पचपदरा में भारत की प्रथम ग्रीनफील्ड एकीकृत रिफाइनरी-सह-पेट्रोकेमिकल कॉम्प्लेक्स के लोकार्पण समारोह से वर्चुअल माध्यम से जुड़ा रहा। जनप्रतिनिधियों ने रिफाइनरी परियोजना को राजस्थान के औद्योगिक विकास, निवेश और युवाओं के लिए रोजगार सृजन की दिशा में ऐतिहासिक कदम बताया। रिफाइनरी से रोजगार और औद्योगिक विकास को मिलेगी गति कार्यक्रम को संबोधित करते हुए प्रभारी मंत्री अविनाश गहलोत ने कहा कि एचपीसीएल राजस्थान रिफाइनरी प्रदेश की औद्योगिक प्रगति का नया अध्याय है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के नेतृत्व में प्रदेश सरकार विकास, सुशासन और जनकल्याण के संकल्प को साकार कर रही है। उनके अनुसार यह परियोजना राजस्थान की अर्थव्यवस्था को गति देने के साथ-साथ युवाओं के लिए बड़े पैमाने पर रोजगार के अवसर भी सृजित करेगी। 'राजस्थान की विकास यात्रा में ऐतिहासिक उपलब्धि' पूर्व नेता प्रतिपक्ष राजेंद्र राठौड़ ने रिफाइनरी परियोजना को राजस्थान की विकास यात्रा की ऐतिहासिक उपलब्धि बताया। उन्होंने कहा कि इससे प्रदेश की औद्योगिक क्षमता, ऊर्जा सुरक्षा और निवेश को नई दिशा मिलेगी। राठौड़ ने कहा कि डबल इंजन सरकार विकासोन्मुख सोच के साथ प्रदेश को नई ऊंचाइयों तक ले जाने के लिए कार्य कर रही है, जिसमें जयपुर मेट्रो कॉरिडोर जैसी परियोजनाएं भी शामिल हैं। युवा, किसान और महिलाओं के सशक्तिकरण पर जोर विधायक हरलाल सहारण ने कहा कि प्रदेश सरकार गरीब, युवा, अन्नदाता और महिला सशक्तिकरण के लिए संकल्पित है। उन्होंने राजस्थान रिफाइनरी और यमुना जल समझौते को प्रदेश के विकास का स्वर्णिम अध्याय बताते हुए कहा कि ये परियोजनाएं युवाओं को नया संबल प्रदान करेंगी। जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों की रही मौजूदगी कार्यक्रम में पैरालिंपिक कमेटी ऑफ इंडिया के अध्यक्ष देवेंद्र झाझड़िया, पूर्व मंत्री राजकुमार रिणवां, पूर्व विधायक अभिनेष महर्षि, पूर्व जिला प्रमुख वंदना आर्य, जिला कलेक्टर अभिषेक सुराणा, एसपी निश्चय प्रसाद एम सहित अनेक जनप्रतिनिधि और अधिकारी मौजूद रहे।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा बालोतरा में पचपदरा रिफाइनरी समेत देश भर के लिए 1.05 लाख करोड़ रुपए की विकास परियोजनाओं का शिलान्यास एवं लोकार्पण किया गया। इस ऐतिहासिक कार्यक्रम का सीधा प्रसारण झुंझुनूं के केशव आदर्श विद्या मंदिर में भी किया गया, जहाँ मुख्य अतिथि के रूप में जल संसाधन मंत्री सुरेश सिंह रावत शामिल हुए। यमुना जल समझौता, शेखावाटी के लिए मील का पत्थर कार्यक्रम के दौरान अपने संबोधन में जल संसाधन मंत्री सुरेश रावत ने यमुना जल समझौते को शेखावाटी अंचल के लिए एक ऐतिहासिक उपलब्धि बताया। उन्होंने कहा कि यह समझौता इस क्षेत्र के लिए मील का पत्थर साबित होगा। इससे झुंझुनूं, सीकर और चूरू जिलों में पेयजल की आपूर्ति तो सुनिश्चित होगी ही, साथ ही क्षेत्र के किसानों को सिंचाई के लिए पानी उपलब्ध होने से कृषि क्षेत्र में समृद्धि आएगी। मंत्री ने जोर देकर कहा कि मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के नेतृत्व में प्रदेश आज विकास के नए आयाम स्थापित कर रहा है, जहां हर वर्ग के हितों का ध्यान रखा जा रहा है। बदलेगी राजस्थान की तस्वीर मंत्री सुरेश रावत ने पचपदरा रिफाइनरी के महत्व को बताते हुए कहा कि इसके शुरू होने से राजस्थान को राजस्व के रूप में बड़ी आय प्राप्त होगी। उन्होंने विश्वास जताया कि इससे राज्य में औद्योगिक विकास को नई गति मिलेगी, जिससे स्थानीय स्तर पर रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे और राजस्थान आर्थिक रूप से सशक्त होगा। सवा लाख से ज्यादा को रोजगार प्रदेश में रोजगार के अवसरों पर बात करते हुए मंत्री ने कहा कि युवाओं के उज्ज्वल भविष्य के लिए सरकार प्रतिबद्ध है। उन्होंने जानकारी दी कि मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा की सरकार में अब तक प्रदेश के सवा लाख से अधिक युवाओं को सरकारी नौकरियों में नियुक्तियां दी जा चुकी हैं। इसी क्रम में, झुंझुनूं के इस कार्यक्रम में भी बड़ी संख्या में युवाओं को नियुक्ति पत्र वितरित किए गए, जिससे उनके चेहरों पर खुशी देखी गई। कार्यक्रम में पूर्व भाजपा प्रदेश अध्यक्ष अशोक परनामी, विधायक राजेंद्र भांबू, पूर्व सांसद नरेंद्र खीचड़, पूर्व विधायक शुभकरण चौधरी, जिला कलेक्टर अरुण गर्ग, पुलिस अधीक्षक कावेन्द्र सिंह सागर सहित कई प्रशासनिक अधिकारी, जनप्रतिनिधि और बड़ी संख्या में भाजपा कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
रोहतक के हिसार बाईपास पर मिठाईयों के बॉक्स लेकर आए ट्रक के ऊपर से तिरपाल उतारते समय एक युवक बिजली की हाईटेंशन लाइन की चपेट में आ गया। सूचना पाकर सिटी थाना पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर जांच शुरू की। पुलिस ने शव को डेड हाउस में भेज दिया। मृतक की पहचान करीब 28 वर्षीय बालूराम के रूप में हुई, जो राजस्थान के जयपुर का रहने वाला था। जानकारी के अनुसार, वह हिसार रोड से भिवानी चुंगी वाले रोड पर फाटक से पहले ट्रक के ऊपर से तिरपाल उतार रहा था। इसी दौरान ट्रक के ऊपर से गुजर रही बिजली की हाईटेंशन लाइन की चपेट में आ गया। जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। ट्रक में भरे हुए थे मिठाई के डिब्बे बताया जा रहा है कि ट्रक में मिठाई के डिब्बे भरे हुए थे, जिन्हें उतारने के लिए तिरपाल को हटाया जा रहा था। जब बालूराम ट्रक के ऊपर चढ़कर पल्लड़ को उतारने लगा तो उसी दौरान वह बिजली की हाईटेंशन लाइन की चपेट में आया। करंट लगते ही वह ट्रक के ऊपर ही गिर गया। लोगों ने तुरंत घटना की सूचना पुलिस को दी। पुलिस मामले में कर रही जांच सिटी थाना पुलिस ने बताया कि हिसार बाईपास पर एक युवक को करंट लगने की सूचना मिली थी। सूचना के बाद पुलिस टीम मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर जांच शुरू की। पुलिस ने शव को डेड हाउस में भेज दिया और मृतक के परिजनों को भी सूचना दी गई है। पुलिस मामले में जांच कर रही है।
भिवानी के लोहारू सब डिपो की रोडवेज शुक्रवार रात को लोहारू से चरखी दादरी गई थी। वहीं रोडवेज बस का चरखी दादरी में नाइट स्टे था। इसी दौरान चरखी दादरी बस स्टैंड से रोडवेज बस चोरी कर ली गई। यहां से अज्ञात व्यक्ति रोडवेज बस को लेकर चला गया। इसके बाद रोडवेज द्वारा पुलिस को सूचना दी गई। पुलिस ने सूचना के आधार पर कार्रवाई शुरू कर दी। इधर, स्थानीय पुलिस द्वारा भी रोडवेज बस को ट्रेस करने में जुट गए। रोडवेज बस राजस्थान के चित्तौडगढ़ में राजस्थान पुलिस द्वारा पकड़ी गई है। भिवानी रोडवेज जीएम दीपक कुंडू ने कहा कि शुक्रवार रात को लोहारू सब डिपो की बस लोहारू से चरखी दादरी गई थी। बस का चरखी दादरी में नाइट स्टे था, जिसके कारण रोडवेज बस रात को चरखी दादरी बस स्टैंड पर खड़ी क दी। लेकिन रात को करीब 9 बजे यह रोडवेज बस चोरी हो गई। इसका पता लगते ही संबंधित चालक-परिचालक ने इसकी शिकायत पुलिस को दे दी। उन्होंने कहा कि बस चोरी के बाद बस पर लगे फास्ट टैग की मदद से ट्रैस किया गया। जब भी बस किसी टोल से गुजरी तो फास्ट टैग से रुपए कटने का मैसेज प्राप्त होता रहा। जिसके आधार पर बस की लोकेशन का पता लग पाया। वहीं चित्तौडगढ़ से रोडवेज बस बरामद हुई है। रात करीब 8:53 पर रोडवेज बस लेकर गयाचरखी दादरी बस स्टैंड के सहायक प्रबंधक सतीश कुमार ने बताया कि भिवानी डिपो के लोहारू सब डिपो की रोडवेज बस शुक्रवार रात को आकर चरखी दादरी बस स्टैंड पर खड़ी हुई थी। रात को करीब 8 बजकर 53 मिनट के करीब बस को कोई अज्ञात व्यक्ति लेकर चला गया। इसके लिए पुलिस को सूचना दे दी गई। पुलिस मामले की जांच में जुटी हुई है। पुलिस द्वारा गाड़ी को ट्रेस कर लिया गया है। चोरी करने वाले के खिलाफ कार्रवाई के लिए पुलिस को शिकायत दी गई है। सख्त कार्रवाई की जाएगी। राजस्थान में बरामद हुई बसचरखी दादरी के सिटी थाना प्रभारी चंद्र शेखर ने बताया कि बस चोरी की सूचना मिलते ही पुलिस टीम जांच में जुट गई थी। वहीं बस राजस्थान के चित्तौडगढ में बरामद किया गया है। वहां के चिंदोरिया थाना प्रभारी से संपर्क करके बस को पकड़वाया गया है। यहां से पुलिस चौकी इंचार्ज अपनी टीम के साथ वहां पर जा रहे है। वहां पहुंचने के बाद ही मामला स्पष्ट हो पाएगा।
नूंह जिला पुलिस की अपराध जांच शाखा (CIA) पुन्हाना ने राजस्थान के डीग जिले के जुरहरा थाना क्षेत्र से वांछित चल रहे दो इनामी आरोपियों को गिरफ्तार किया है। इन दोनों पर 5-5 हजार रुपए का इनाम घोषित था। गिरफ्तारी के बाद उन्हें राजस्थान पुलिस के हवाले कर दिया गया है। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान अंसार और सुनीम उर्फ बकरा के रूप में हुई है। ये दोनों नूंह जिले के पुन्हाना थाना क्षेत्र के गांव लुहिंगा के निवासी हैं। दोनों आरोपी लंबे समय से फरार चल रहे थे और राजस्थान के जुरहरा थाने में दर्ज एक मुकदमे में नामजद थे। इन आरोपियों के खिलाफ भारतीय दंड संहिता की विभिन्न धाराओं के साथ-साथ आर्म्स एक्ट और एक्साइज एक्ट के तहत मामला दर्ज है। नूंह पुलिस ने आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी करने के बाद दोनों को आगे की कार्रवाई के लिए डीग जिले के जुरहरा थाना पुलिस को सौंप दिया। सूत्रों के अनुसार, राजस्थान पुलिस अब इन आरोपियों से गहन पूछताछ करेगी। इस पूछताछ के दौरान मामले से जुड़े अन्य पहलुओं की जांच की जाएगी। पुलिस यह भी पता लगाने का प्रयास करेगी कि फरारी के दौरान दोनों आरोपी कहां-कहां छिपे थे और क्या वे किसी अन्य आपराधिक गतिविधि में भी शामिल रहे हैं। फिलहाल, राजस्थान पुलिस दोनों आरोपियों को अपने साथ ले गई है। उन्हें संबंधित कोर्ट में पेश किया जाएगा, जिसके बाद आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
ऑनलाइन बुक कर सकेंगे पौधे, नर्सरी आने का झंझट खत्म:हरियालो राजस्थान में वन-विभाग 20 लाख पौध लगाएगा
मानसून की शुरुआत के साथ ही चित्तौड़गढ़ में हरियालो राजस्थान अभियान में 32 लाख 50 हजार पौधे लगाने का लक्ष्य तय किया गया है। इसके लिए प्रशासन ने सभी विभागों को जिम्मेदारी सौंप दी है और वन विभाग की नर्सरियों से पौधों का वितरण भी शुरू हो गया है। जिले में सरकारी विभागों के साथ ग्राम पंचायतें, स्कूल, उद्योग, स्वयंसेवी संस्थाएं और आम लोग भी इस अभियान से जुड़ेंगे। इस बार पौधरोपण में फलदार, छायादार, कांटेदार और स्थानीय जलवायु के अनुसार तैयार किए गए पौधों को प्राथमिकता दी जाएगी। डीएफओ राहुल झाझड़िया ने बताया- पौधे लेने के लिए संस्थाएं ऑनलाइन अप्लाई कर सकती हैं। इससे बार-बार नर्सरी जाने की जरूरत नहीं होगी। हरियालो राजस्थान के लिए जिला कलेक्टर की अध्यक्षता में बैठक कर सभी विभागों को उनके लक्ष्य दे दिए गए हैं। 20 नर्सरियों में तैयार हैं लाखों पौधे डीएफओ राहुल झाझड़िया ने बताया कि जिले में वन विभाग की 20 नर्सरियां संचालित हैं। इनमें पिछले साल बचे पौधों और इस साल तैयार किए गए नए पौधों को मिलाकर करीब 13 लाख 70 हजार पौधे अभी वितरण के लिए उपलब्ध हैं। इसके अलावा वन विभाग ने अपने स्तर पर 6 लाख 27 हजार 700 पौधे और तैयार किए हैं। वहीं ग्रामीण विकास एवं पंचायती राज विभाग ने लगभग हर ग्राम पंचायत में 5-5 हजार पौधे तैयार किए हैं। जिन जगहों पर स्थानीय स्तर पर पौधे कम होंगे, वहां आसपास के जिलों से भी पौधों की व्यवस्था की जाएगी। उन्होंने बताया कि जिले में पौधों की कमी नहीं आने दी जाएगी और जरूरत पड़ने पर अन्य नर्सरियों से भी पौधे उपलब्ध कराए जाएंगे। 5 से 75 रुपये तक मिलेंगे पौधे जिले में एक जून से 3 जुलाई तक 169.67 एमएम बारिश दर्ज की जा चुकी है। बारिश शुरू होने के साथ ही वन विभाग की नर्सरियों से पौधों का वितरण भी तेज हो गया है। सरकारी नर्सरियों से कांटेदार पौधे 5 रुपए प्रति पौधा मिल रहे हैं, जबकि छायादार और फलदार पौधों की कीमत उनके आकार और उम्र के अनुसार 6 रुपये से 75 रुपए तक रखी गई है। नर्सरियों में करीब 2 फीट से लेकर 10 फीट तक ऊंचाई वाले पौधे उपलब्ध हैं। चित्तौड़गढ़ मुख्यालय की नर्सरी सहित जिले की सभी नर्सरियों में लोग पौधे खरीदने पहुंच रहे हैं। डीएफओ राहुल झाझरिया ने कहा कि पौधरोपण तभी सफल माना जाएगा जब लोग पौधे लगाने के साथ उनकी नियमित देखभाल भी करें। इसी से हरियालो राजस्थान अभियान का उद्देश्य पूरा होगा और आने वाले सालों में जिले की हरियाली भी बढ़ेगी।
हरियाणा के नारनौल और आसपास के क्षेत्रों में दो दिनों के दौरान दो युवतियों और दो महिलाओं के लापता होने के चार अलग-अलग मामले सामने आए हैं। सभी मामलों में परिजनों ने काफी तलाश के बाद संबंधित थानों में शिकायत दी, जिसके आधार पर पुलिस ने मामला दर्ज कर इनकी तलाश शुरू कर दी। पहला मामला थाना निजामपुर क्षेत्र का है, जहां गांव छीलरो से 19 वर्षीय युवती सुबह घर से बिना बताए चली गई। परिजनों ने अपने स्तर पर तलाश की, लेकिन उसका कोई सुराग नहीं लगने पर पुलिस को शिकायत दी। शिकायत में एक युवक पर संदेह भी जताया गया है। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। शहर से भी लड़की गायब दूसरा मामला थाना शहर नारनौल क्षेत्र का है, जहां मोहल्ला बड़ा बाग से 18 वर्षीय युवती रात के समय घर से लापता हो गई। परिजनों ने रिश्तेदारों और परिचितों के यहां तलाश करने के बाद पुलिस में शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने गुमशुदगी का मामला दर्ज कर उसकी तलाश शुरू कर दी है। मानसिक परेशान महिला लापता तीसरा मामला शहर के दयानगर क्षेत्र का है। यहां 57 वर्षीय महिला दोपहर के समय घर से निकलने के बाद वापस नहीं लौटी। परिजनों के अनुसार महिला का मानसिक संतुलन पूरी तरह ठीक नहीं है। काफी तलाश के बाद भी कोई जानकारी नहीं मिलने पर पुलिस में शिकायत दी गई। राजस्थान की रहने वाली महिला गई चौथा मामला शास्त्री नगर क्षेत्र का है, जहां 22 वर्षीय विवाहिता रात के समय घर से बिना बताए चली गई। परिजनों ने उसकी काफी खोजबीन की, लेकिन कोई सुराग नहीं मिलने पर पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। उक्त महिला यहां रिश्तेदारी में रहती थी, जो मूल रूप से राजस्थान के नीम का थाना की निवासी है। मामला दर्ज, तलाश शुरू चारों मामलों में संबंधित थाना पुलिस ने मुकदमे दर्ज कर लापता महिलाओं और युवतियों की तलाश के लिए विभिन्न स्थानों पर जांच शुरू कर दी है। पुलिस का कहना है कि सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर जांच की जा रही है।
मानसून की रफ्तार बढ़ने के साथ ही राजस्थान में बारिश का दौर भी तेज होने लगा है। शुक्रवार को जोधपुर, फलोदी, बांसवाड़ा, प्रतापगढ़ समेत कई जिलों में तेज बारिश हुई। जैसलमेर में देर शाम रेत का बवंडर उठा। पिछले 24 घंटे में सबसे ज्यादा बारिश बांसवाड़ा जिले में करीब दो इंच रिकॉर्ड हुई। वहीं, मानसून के सक्रिय होने के बाद जयपुर सहित कई शहरों का दिन का तापमान 35 डिग्री से नीचे पहुंच गया। मौसम विभाग ने अगले 3 दिन पूरे राज्य में हल्की से मध्यम और कहीं-कहीं भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है। राजस्थान में क्या है बारिश की स्थिति अब देखिए- राजस्थान में बारिश की PHOTOS… ये शहर रहे सबसे ज्यादा गर्म बारिश के बड़े अपडेट्स कहां-कितनी बारिश हुई?: बांसवाड़ा के घाटोल में 41, केसरपुरा में 36, भूंगड़ा में 25, बीकानेर के बज्जू में 27, जोधपुर के भोपालगढ़ में 22, नागौर में 35, प्रतापगढ़ के अरनोद में 47, धरियावद में 20, टोंक के टोडारायसिंह में 36, उदयपुर के वल्लभनगर में 33 और बारापाल में 20 एमएम बरसात दर्ज हुई। इनके अलावा जयपुर, भीलवाड़ा, अजमेर, फलोदी, चित्तौड़गढ़, डूंगरपुर समेत कई अन्य शहरों में हल्की से मध्यम बारिश हुई। बीकानेर, जैसलमेर में तेज गर्मी, पारा 43 डिग्री: बारिश के बीच भी राजस्थान के कई हिस्सों में दिनभर उमस और गर्मी रही। सबसे अधिक तापमान 43 डिग्री सेल्सियस बीकानेर और जैसलमेर में दर्ज हुआ। इसके अलावा बाड़मेर में 42.3, श्रीगंगानगर में 41.5, जोधपुर में 40.8, फतेहपुर में 39, जालोर में 39.2, नागौर में 38 और चूरू में 40.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ। आगे कैसा रहेगा मौसम…
प्रदेश के आर्थिक एवं सांख्यिकी निदेशालय के एसडीजी इंडेक्स-2025 में विकास की कई विरोधाभासी तस्वीरें सामने आई हैं। प्रदेश की राजधानी जयपुर में जहां गरीबी रेखा के नीचे रहने वाले परिवारों का अनुपात सबसे कम, 6.15 प्रतिशत है, वहीं सतत विकास लक्ष्यों (एसडीजी) की रैंकिंग में यह 10वें स्थान से फिसलकर 22वें स्थान पर पहुंच गया है। दूसरी ओर, आदिवासी बाहुल्य उदयपुर में हर तीसरा परिवार अब भी गरीबी रेखा के नीचे जीवनयापन कर रहा है। हालांकि, स्वास्थ्य और टीकाकरण जैसे सामाजिक संकेतकों में उदयपुर कई विकसित जिलों से बेहतर प्रदर्शन कर रहा है। रिपोर्ट के अनुसार, राज्य का औसत एसडीजी स्कोर 59.11 से बढ़कर 60.80 हो गया है। 100 अंकों में 67.13 अंक हासिल कर झुंझुनूं दूसरे वर्ष भी पहले स्थान पर बना हुआ है, जबकि चित्तौड़गढ़ 65.41 और राजसमंद 65.00 अंकों के साथ क्रमशः दूसरे और तीसरे स्थान पर हैं। वहीं, जैसलमेर 51.82 अंकों के साथ प्रदेश में सतत विकास लक्ष्यों की रैंकिंग में सबसे निचले पायदान पर पहुंच गया है। मेवाड़ के चित्तौड़गढ़ और राजसमंद का टॉप-3 में शामिल होना क्षेत्र की मजबूत विकास स्थिति को दर्शाता है।उदयपुर जिले का एसडीजी स्कोर 59.19 रहा और उसे प्रदेश में 17वां स्थान मिला। पिछले वर्ष उदयपुर की रैंकिंग 12वें स्थान पर थी। दक्षिणी राजस्थान के डूंगरपुर (57.03), बांसवाड़ा (55.47) और प्रतापगढ़ (57.81) भी राज्य के औसत स्कोर से नीचे रहे।राजस्थान के अधिकांश जिले अभी ‘परफॉर्मर’ श्रेणी में हैं। केवल झुंझुनूं, चित्तौड़गढ़ और राजसमंद ही सतत विकास लक्ष्यों की दिशा में बेहतर प्रगति दर्ज कर पाए हैं। गरीबी : दक्षिणी राजस्थान के आदिवासी जिलों पर अब भी गरीबी का सबसे बड़ा दबावडूंगरपुर में 40.87 प्रतिशत, बांसवाड़ा में 37 प्रतिशत और उदयपुर में 33.83 प्रतिशत परिवार गरीबी रेखा के नीचे हैं। प्रतापगढ़ में यह आंकड़ा 28.55 प्रतिशत है, जबकि राज्य का औसत 15.92 प्रतिशत है। यानी प्रदेश में गरीबी का सबसे बड़ा दबाव अब भी दक्षिणी आदिवासी जिलों पर है। स्वास्थ्य और शिक्षा में सुधार के बावजूद यही क्षेत्र समग्र विकास की दौड़ में पीछे हैं। जानिए एसडीजी इंडेक्स के बारे मेंएसडीजी इंडेक्स भारत में राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों की प्रगति को मापने वाला सूचकांक है, जिसे नीति आयोग जारी करता है। इसका उद्देश्य संयुक्त राष्ट्र के 17 सतत विकास लक्ष्यों के आधार पर राज्यों के प्रदर्शन का आकलन करना है। उदयपुर में हर तीसरा परिवार अब भी गरीब - मेवाड़ से चित्तौड़गढ़ और राजसमंद दूसरे और तीसरे पर, उदयपुर 17वें स्थान पर सेहत : जयपुर की सेहत सबसे खराब, उदयपुर की हालत भी ठीक नहीं, बारां सबसे स्वस्थ जयपुर स्वास्थ्य और खुशहाली में मात्र 37.60 अंकों के साथ अंतिम स्थान पर रहा। उदयपुर भी 42.22 स्कोर के साथ फिसड्डी है। 63.54 अंकों के साथ बारां की सेहत सबसे अच्छी है। सिकर, कोटा, भरतपुर, अजमेर और अलवर के लोग स्वास्थ्य और खुशहाली में सबसे पीछे हैं। जेंडर इक्वालिटी - प्रदेश लैंगिक समानता में फेल प्रदेश, झुंझुनूं को छोड़ सभी जगह हालात खराबमहिला सशक्तिकरण-लैंगिक समानता में प्रदेश की स्थिति खराब है। इस लक्ष्य में राज्य का औसत स्कोर केवल 39.60 है। झुंझुनूं (52.88 इंडेक्स स्कोर) को छोड़कर बाकी सभी अति-पिछड़ी श्रेणी में हैं। महिलाओं के खिलाफ सबसे कम अपराध दर पाली (18.08 प्रति लाख) में दर्ज की गई। स्कूलों में बिजली - प्रदेश में 90 से बढ़कर 96% हुआ कवरेज, बारां 70 से बढ़कर 90 पर पहुंचा प्रदेश में स्कूलों तक बुनियादी सुविधाओं की पहुंच तेजी से बढ़ी है। बिजली कनेक्शन वाले स्कूलों का प्रतिशत वर्ष 2024 के मुकाबले 2025 में 90.01% से बढ़कर 96.18 हो गया है। सबसे बड़ा सुधार बारां जिले में दर्ज किया गया है। यहां बिजली सुविधा वाले स्कूलों का अनुपात 70.80 प्रतिशत से बढ़कर सीधा 90.20 प्रतिशत तक पहुंच गया है। बड़ा बदलाव -विकास यात्रा अब शहरी और ग्रामीण अंतर से आगे रिपोर्ट का सबसे बड़ा निष्कर्ष यह है कि राजस्थान की विकास यात्रा अब केवल शहरी-ग्रामीण अंतर की कहानी नहीं रह गई है। जयपुर जैसा समृद्ध जिला विकास सूचकांक में अपेक्षा से पीछे है, जबकि उदयपुर जैसा जिला गरीबी से जूझते हुए भी स्वास्थ्य और सामाजिक संकेतकों में बेहतर प्रदर्शन कर रहा है। प्रदेश के सामने अब सबसे बड़ी चुनौती विकास की रफ्तार बढ़ाने से ज्यादा विकास की खाई को पाटने की है।
राजस्थान के जयपुर में तेज बारिश के बाद सवाई मानसिंह हॉस्पिटल के माइनर ओटी में पानी भर गया। यहां से मरीजों को दूसरी जगह शिफ्ट किया। वहीं ओटी के पास कॉरिडोर में फॉल सीलिंग गिर गई। जयपुर में सड़क धंस गई और 10 फीट गहरा गड्ढा हो गया। जैसलमेर के रामदेवरा में शुक्रवार शाम रेत का बवंडर आया। इससे दिन में ही अंधेरा छा गया। दिन में ही गाड़ियों की लाइट जलानी पड़ी। मध्य प्रदेश के भोपाल-इंदौर समेत 26 से ज्यादा जिलों में शुक्रवार को तेज बारिश हुई। हरदा में माचक नदी उफान पर आने से 12 से ज्यादा गांवों का जिला मुख्यालय से संपर्क टूट गया। उज्जैन में पुलिया पार करने की कोशिश में युवक मोटरसाइकिल समेत बह गया। यूपी के 20 जिलों में बारिश हुई। मथुरा में भारी बारिश से रेलवे अंडरपास में गर्दन तक पानी भर गया। कानपुर में GSVM मेडिकल कॉलेज में पानी भर गया। कारें-बाइक आधी डूब गईं। झांसी में बिजली गिरने से किसान की मौत हो गई। पंजाब के पठानकोट में माता वैष्णो देवी की ओर जा रही श्रद्धालुओं से भरी एक टूरिस्ट बस रेलवे अंडरपास के नीचे 8 फीट पानी में फंस गई। बस में 13 बच्चों समेत 55 यात्री सवार थे। मानसून 5 जुलाई तक पूरे देश को कवर कर सकता है… देशभर से बारिश की 5 तस्वीरें… देशभर के मौसम से जुड़े अपडेट्स के लिए ब्लॉग से गुजर जाइए…
डबल इंजन सरकार से आर्थिक विकास:पचपदरा रिफाइनरी राजस्थान के औद्योगिक विकास में नया अध्याय
भाजपा प्रदेश प्रवक्ता सूरज सोनी ने कहा कि बालोतरा के पचपदरा में स्थापित एचपीसीएल राजस्थान रिफाइनरी परियोजना राजस्थान के औद्योगिक और आर्थिक विकास की दिशा में मील का पत्थर साबित होगी। उनका कहना है कि लंबे समय तक राजनीतिक अनिर्णय और प्रशासनिक सुस्ती के कारण अटकी रही यह परियोजना अब मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के नेतृत्व और केंद्र-राज्य की डबल इंजन सरकार के समन्वय से निर्णायक चरण में पहुंच गई है। सोनी ने कहा कि पचपदरा रिफाइनरी का सपना वर्षों पुराना था, लेकिन शुरुआती दौर में परियोजना वित्तीय अस्पष्टता और अन्य कारणों से अपेक्षित गति नहीं पकड़ सकी। बाद में एचपीसीएल के साथ संयुक्त उद्यम के रूप में एचआरआरएल का गठन किया गया और परियोजना को पेट्रोकेमिकल कॉम्प्लेक्स के रूप में विकसित किया गया। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा वर्ष 2018 में किए गए शिलान्यास के बाद इसे राष्ट्रीय महत्व की परियोजना का स्वरूप मिला। उन्होंने आरोप लगाया कि सत्ता परिवर्तन के बाद परियोजना की रफ्तार प्रभावित हुई, जिससे लागत और समय दोनों बढ़े। दिसंबर 2023 में मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के पदभार संभालने के बाद परियोजना की नियमित समीक्षा और विभागों के बीच बेहतर समन्वय से कार्य में तेजी आई। उनके अनुसार अब रिफाइनरी संचालन के अंतिम चरण में है और जल्द ही इसका पूर्ण संचालन शुरू होगा। सोनी ने कहा कि रिफाइनरी के आसपास विकसित किए जा रहे पेट्रोकेमिकल निवेश क्षेत्र से डाउनस्ट्रीम उद्योगों को बढ़ावा मिलेगा तथा हजारों प्रत्यक्ष और लाखों अप्रत्यक्ष रोजगार के अवसर सृजित होंगे। इससे पश्चिमी राजस्थान की अर्थव्यवस्था को नई गति मिलेगी और बाड़मेर प्रदेश के प्रमुख औद्योगिक केंद्र के रूप में उभरेगा। उन्होंने कहा कि यह परियोजना केवल तेल शोधन इकाई नहीं, बल्कि राजस्थान के औद्योगिक भविष्य और देश की ऊर्जा सुरक्षा को मजबूत करने वाला महत्वपूर्ण कदम है।
आमेर रोड स्थित होटल जयपुर हेरिटेज में क्वीन ऑफ राजस्थान सीजन-5 की सैश सेरेमनी और टैलेंट राउंड का आयोजन किया गया। पूरे राजस्थान से चयनित टॉप-30 फाइनलिस्ट ने अपने व्यक्तित्व, आत्मविश्वास और बहुमुखी प्रतिभा का प्रदर्शन किया। अब ये सभी प्रतिभागी पांच दिवसीय ग्रूमिंग सेशन के बाद ग्रैंड फिनाले में अपनी अंतिम चुनौती पेश करेंगी। कार्यक्रम की शुरुआत सैश सेरेमनी से हुई, जहां सभी टॉप-30 फाइनलिस्ट को मंच पर सम्मानपूर्वक सैश पहनाकर प्रतियोगिता के अगले चरण के लिए शुभकामनाएं दी गईं। इस अवसर पर मुख्य अतिथि शिव सिंह शेखावत, आमेर गुप्ता, अशोक बड़गुर्जर, मिसेज क्वीन ऑफ राजस्थान-2025 शालिनी शर्मा, क्वीन ऑफ इंडिया-2025 की फाइनलिस्ट कोमल गिल, भारत की फर्स्ट रनरअप क्वीन 2025 उर्वशी सुखवानी, राजस्थान क्वीन 2025 की सेकेंड रनरअप ऊर्जा पटेल, विकास मेघवाल, पीहू सिंह एवं मनीष खंडेलवाल ने प्रतिभागियों का उत्साहवर्धन किया। उन्होंने कहा कि आत्मविश्वास, अनुशासन और निरंतर मेहनत ही किसी भी मंच पर सफलता की सबसे बड़ी कुंजी होती है। इसके बाद आयोजित टैलेंट राउंड में प्रतिभागियों ने अपनी छिपी हुई प्रतिभाओं से सभी को प्रभावित किया। किसी ने शानदार डांस प्रस्तुति दी, तो किसी ने अपनी सुरीली आवाज से समां बांध दिया। कई प्रतिभागियों ने अभिनय और मिमिक्री के माध्यम से अपनी अभिव्यक्ति का परिचय दिया। मंच पर उनका आत्मविश्वास, स्टेज प्रेजेंस और प्रस्तुति का अंदाज दर्शकों के लिए आकर्षण का केंद्र बना रहा। क्वीन ऑफ राजस्थान के संस्थापक एवं निदेशक मोनू वर्मा ने बताया कि प्रतियोगिता का अगला चरण बेहद महत्वपूर्ण होगा। सभी फाइनलिस्ट के लिए पांच दिनों का विशेष ग्रूमिंग सेशन आयोजित किया जाएगा, जिसमें फैशन इंडस्ट्री के अनुभवी विशेषज्ञ उन्हें रैंप वॉक, पर्सनैलिटी डेवलपमेंट, कम्युनिकेशन स्किल्स, स्टेज प्रेजेंस, ग्रूमिंग, फोटो पोजिंग और कैमरा फेसिंग जैसी बारीकियों का प्रशिक्षण देंगे, ताकि वे ग्रैंड फिनाले में अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन कर सकें। जयपुर डायरेक्टर विराट गोविंद्र ने कहा कि इस प्रतियोगिता का उद्देश्य केवल एक विजेता चुनना नहीं, बल्कि युवतियों के आत्मविश्वास को नई ऊंचाई देना और उन्हें फैशन एवं ग्लैमर इंडस्ट्री में सफल करियर के लिए तैयार करना है। उन्होंने कहा कि इस मंच से कई प्रतिभागियों ने राष्ट्रीय स्तर तक अपनी पहचान बनाई है और आने वाले वर्षों में भी यह मंच नई प्रतिभाओं को अवसर देता रहेगा। कार्यक्रम का संचालन आरजे राहुल ने अपने ऊर्जावान और मनोरंजक अंदाज में किया। वहीं आयोजन के दौरान प्रतिभागियों के रैंप वॉक, टैलेंट परफॉर्मेंस और यादगार पलों को फोटोग्राफर अनिल कुमार ने अपने कैमरे में कैद किया।
मोदी शनिवार को एचपीसीएल राजस्थान रिफाइनरी राष्ट्र को करेंगे समर्पित
जयपुर। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी राजस्थान में बालोतरा जिले के पचपदरा में शनिवार को देश की प्रथम ग्रीनफील्ड एकीकृत रिफाइनरी-सह-पेट्रोकेमिकल कॉम्प्लेक्स राष्ट्र को समर्पित करेंगे। प्रधानमंत्री कार्यालय के अनुसार मोदी इससे पहले जोधपुर हवाई अड्डे के टर्मिनल भवन का उद्घाटन भी करेंगे। प्रधानमंत्री शनिवार को पूर्वाह्न लगभग 10:45 बजे इस टर्मिनल भवन का उद्घाटन करेंगे और […] The post मोदी शनिवार को एचपीसीएल राजस्थान रिफाइनरी राष्ट्र को करेंगे समर्पित appeared first on Sabguru News .
गुरुग्राम पुलिस की साइबर अपराध दक्षिण थाना टीम ने निवेश के नाम पर करोड़ों रुपए की साइबर ठगी के मामले में एक व्यक्ति को गिरफ्तार किया है। आरोपी की पहचान जयपुर निवासी पराग जोशी के रूप में हुई है, जिसने ठगों को अपना बैंक अकाउंट उपलब्ध कराया था। पुलिस प्रवक्ता के अनुसार, 8 सितंबर 2025 को एक व्यक्ति ने शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायतकर्ता को स्टॉक मार्केट में निवेश कर भारी मुनाफा कमाने का झांसा दिया गया था। साइबर ठगों ने एक फर्जी निवेश योजना के माध्यम से उससे करीब 1 करोड़ 9 लाख रुपए की ठगी की। इस शिकायत के आधार पर थाना साइबर क्राइम गुरुग्राम में संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू की गई। निजी कंपनी के नाम पर खुलवाया था बैंक अकाउंट जांच के दौरान, पुलिस ने साक्ष्यों और बैंकिंग लेनदेन का विश्लेषण किया और 1 जुलाई को आरोपी पराग जोशी को गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में सामने आया कि ठगी की रकम में से लगभग 12 लाख रुपए जिस बैंक खाते में आए थे, वह खाता पराग जोशी ने एक निजी कंपनी के नाम पर खुलवाया था। उसने यह बैंक खाता साइबर ठगी में शामिल एक अन्य आरोपी को 1.20 लाख रुपए के बदले उपलब्ध कराया था। पुलिस ने आरोपी पराग जोशी को अदालत में पेश कर दो दिन के पुलिस रिमांड पर लिया है। रिमांड के दौरान पुलिस इस गिरोह में शामिल अन्य सदस्यों और ठगी की रकम के इस्तेमाल के बारे में जानकारी जुटाएगी। गुरुग्राम पुलिस ने बताया कि मामले की गहन जांच जारी है और जल्द ही अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी भी की जा सकती है।
नूंह जिले से गुजर रहे दिल्ली-अलवर नेशनल हाईवे-248ए पर शुक्रवार सुबह एक सड़क हादसा होते-होते टल गया। पाटखोरी गांव के पास एक ट्रेलर ने सड़क पर बने गड्ढे से बचने के प्रयास में राजस्थान रोडवेज की बस को टक्कर मार दी। टक्कर के बाद बस बेकाबू होकर सड़क किनारे एक पेड़ से जा टकराई। इस घटना में कोई यात्री हताहत नहीं हुआ, लेकिन कुछ को मामूली चोटें आईं। जानकारी के अनुसार, हादसा शुक्रवार सुबह करीब सात बजे हुआ। राजस्थान रोडवेज की एक बस अलवर से दिल्ली जा रही थी। पाटखोरी गांव के बस स्टैंड के पास सामने से आ रहे तेज रफ्तार ट्रेलर ड्राइवर ने सड़क पर बने गहरे गड्ढे से बचने के लिए अपनी साइड दबाई, जिससे वह बस से टकरा गया। बस ड्राइवर ने सूझबूझ दिखाते हुए यात्रियों की जान बचाने के लिए बस को सड़क से नीचे उतार दिया, जिससे बस अनियंत्रित होकर पेड़ से टकरा गई। ट्रेलर मौके पर छोड़कर ड्राइवर हुआ फरार हादसे के बाद ट्रेलर ड्राइवर मौके पर अपना वाहन छोड़कर फरार हो गया। सूचना मिलते ही सोलपुर, ढाढोली और पाटखोरी गांव के ग्रामीण घटनास्थल पर पहुंचे। ग्रामीणों ने बस में सवार यात्रियों को सुरक्षित बाहर निकालने में मदद की और घायलों को प्राथमिक उपचार उपलब्ध कराया। इस घटना के कारण कुछ समय के लिए हाईवे पर यातायात भी प्रभावित रहा। सूचना मिलने पर थाना सदर फिरोजपुर झिरका पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति का जायजा लिया। थाना प्रभारी सुभाष ने बताया कि ट्रेलर को कब्जे में ले लिया गया है और जांच शुरू कर दी गई है। फरार ड्राइवर की पहचान कर उसकी तलाश की जा रही है। पुलिस हादसे के कारणों की गहनता से जांच कर रही है। स्थानीय लोग बोले- गड्ढों की वजह से हो रहे हादसे स्थानीय लोगों ने हाईवे पर बने गहरे गड्ढों को दुर्घटनाओं की मुख्य वजह बताया है। उन्होंने प्रशासन से इन गड्ढों की जल्द से जल्द मरम्मत कराने की मांग की है, ताकि भविष्य में ऐसे हादसों को रोका जा सके।
मिस राजस्थान-2026 के फिनाले वीक में मॉडल निहारिका राठौड़ (21) टूटे पैर के साथ रैंप वॉक कर रही हैं। ट्रेनिंग सेशन के दौरान निहारिका का पैर बुरी तरह मुड़ गया था, जिससे उनके पैर की मांसपेशियां फट गई थीं। डॉक्टर ने 15 दिन तक पूरी तरह आराम करने की सलाह दी थी। इसके बावजूद, निहारिका अपने सपने को पूरा करने के लिए दर्द में भी इस ब्यूटी पेजेंट (कॉम्पिटिशन) में उतरी हैं। फाइनलिस्ट प्रज्ञा चौधरी के नाना का मिस राजस्थान के फिनाले से पहले निधन हो गया। प्रज्ञा ने ट्रेनिंग सेंटर पर ही उनके अंतिम दर्शन किए। जयपुर के हैवन रिसॉर्ट में मिस राजस्थान 2026 का फिनाले वीक चल रहा है। इसमें 9 फाइनलिस्ट्स को 9 दिनों की ट्रेनिंग दी जा रही है। इसका ग्रैंड फिनाले जयपुर के बिड़ला ऑडिटोरियम में 4 जुलाई को होगा। दैनिक भास्कर ने टॉप फाइनलिस्ट्स से बातचीत की… प्रज्ञा चौधरी परिवार पार्थिव देह लेकर ट्रेनिंग सेंटर आया जयपुर की रहने वाली प्रज्ञा ने बताया- मिस राजस्थान 2026 की ट्रेनिंग सेशन के दौरान ही उनके नाना का निधन हो गया। अंतिम समय में नाना की इच्छा थी कि वे अपनी नातिन को मिस राजस्थान के मंच पर देखें। परिवार उनके पार्थिव शरीर को ट्रेनिंग स्थल तक लेकर आया, जहां मैंने ने अंतिम बार अपने नाना को श्रद्धांजलि दी, उनका आशीर्वाद लिया और वापस रैंप पर लौट आईं। प्रज्ञा ने कहा- नाना हमेशा कहते थे कि तुम जीतकर आओगी और पहले नंबर पर रहोगी। मैं उनकी इस आखिरी इच्छा को अधूरा नहीं छोड़ना चाहती थी। मुझे विश्वास है कि उनका आशीर्वाद हमेशा मेरे साथ रहेगा। प्रज्ञा एक साल पहले कैंसर से अपने भाई को भी खो चुकी हैं। अस्पताल में इलाज के दौरान उनके भाई की मुलाकात पूर्व मिस राजस्थान विजेता से हुई थी। उसी दिन भाई ने उनसे कहा था कि वे भी एक दिन मिस राजस्थान का ताज पहनें। अब वे अपने भाई और नाना, दोनों का सपना पूरा करना चाहती हैं। झुंझुनूं के गांव से आईं ज्योति चौधरी, तानों के बीच बना रही हैं अपनी पहचान झुंझुनूं जिले के मेहरा दासी गांव की रहने वाली ज्योति चौधरी पहली बार किसी ब्यूटी पेजेंट में हिस्सा ले रही हैं। ज्योति चौधरी ने बताया- मेरे परिवार का फैशन या मॉडलिंग से दूर-दूर तक कोई संबंध नहीं रहा। इसके बावजूद मैंने खुद पर भरोसा किया और आज टॉप-28 फाइनलिस्ट्स में अपनी जगह बनाई। ज्योति ने कहा- गांव में आज भी कई लोग मॉडलिंग और फैशन इंडस्ट्री को अच्छी नजर से नहीं देखते। छोटे कपड़े पहनने पर लड़कियों के चरित्र पर भी सवाल उठाए जाते हैं। मिस राजस्थान में आने के बाद उन्होंने पहली बार सोशल मीडिया का इस्तेमाल किया। सोशल मीडिया पर जहां कई लोगों ने उनका हौसला बढ़ाया, वहीं कुछ लोगों ने उनकी आलोचना भी की। हालांकि, वे नकारात्मक टिप्पणियों पर ध्यान देने के बजाय सकारात्मक सोच के साथ आगे बढ़ रही हैं। ज्योति फिलहाल M.Sc. की पढ़ाई कर रही हैं। साथ ही SSC CGL और CDS जैसी प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी भी कर रही हैं। उनका सपना भारतीय सेना में अधिकारी बनने का भी है। दौसा के छोटे गांव से निकलकर मिस राजस्थान तक पहुंचीं दिव्यांशी जांगिड़दौसा जिले के भांडारेज गांव की 18 साल की दिव्यांशी जांगिड़ अपने गांव की पहली लड़की हैं, जो मिस राजस्थान के मंच तक पहुंची हूं। दिव्यांशी ने बताया- मेरे गांव में मॉडलिंग को लेकर आज भी लोगों की सोच सकारात्मक नहीं है। कई रिश्तेदार भी इस फैसले के पक्ष में नहीं थे, लेकिन मेरी मां ने हमेशा मेरा साथ दिया। मां ने मुझसे कहा कि मेरे दोनों भाइयों के सपने पूरे नहीं हो सके, इसलिए अब मैं अपने सपनों को जरूर पूरा करूं। दिव्यांशी ने बताया- परिवार में माता-पिता और दो बड़े भाई हैं। एक भाई नौकरी करता है, जबकि दूसरा UPSC की तैयारी कर रहा है। वह खुद बीए (BA) द्वितीय वर्ष की छात्रा हैं। आज उनके गांव की कई लड़कियां सोशल मीडिया के जरिए उनसे संपर्क कर रही हैं। दिव्यांशी उन्हें यही सलाह देती हैं कि सबसे पहले अपने परिवार का विश्वास जीतें, क्योंकि परिवार का साथ मिलने के बाद ही सपनों की उड़ान आसान होती है। सिंगल मदर की बेटी पलक शर्मा बोलीं- मेरी मां ही मेरी सबसे बड़ी ताकत हैं जयपुर की रहने वाली 19 साल की पलक शर्मा बचपन से ही ब्यूटी पेजेंट में हिस्सा लेना चाहती थीं। पलक ने बताया- मेरे पिता नहीं हैं और मेरी मां ही अकेले पूरे परिवार की जिम्मेदारी संभाल रही हैं। तमाम आर्थिक और सामाजिक चुनौतियों के बावजूद मां ने कभी मेरे सपनों को रोकने की कोशिश नहीं की। पलक कहती हैं- जब मैंने मॉडलिंग में आने की इच्छा जताई, तो मां ने सिर्फ इतना कहा कि लोग क्या कहेंगे, इसकी चिंता मत करो, बस अपने सपने को पूरा करो। पलक ने टॉप मॉडल राउंड के लिए अपनी ड्रेस भी खुद डिजाइन की है, जिसकी थीम 'विक्टोरियन गॉथिक लुक' थी। उन्होंने इस ड्रेस की स्कर्ट खुद तैयार की, जबकि पूरी ड्रेस को सिलने और उसे अंतिम रूप देने में उनकी मां ने घंटों मेहनत की। पलक के लिए यह ड्रेस सिर्फ एक कॉस्ट्यूम नहीं, बल्कि मां-बेटी की साझा मेहनत और अटूट प्यार का प्रतीक है। हार्वर्ड यूनिवर्सिटी में चयन के बाद मिस राजस्थान पहुंचीं आस्था भूटानी जयपुर की आस्था भूटानी का चयन दुनिया की प्रतिष्ठित हार्वर्ड यूनिवर्सिटी में हो चुका है। अगस्त से उनकी पढ़ाई शुरू होने वाली है, लेकिन उससे पहले उन्होंने खुद को एक नए अनुभव के लिए मिस राजस्थान के मंच पर आजमाने का फैसला किया। IIT बैकग्राउंड रखने वाली आस्था का कहा- व्यक्ति को खुद को केवल एक क्षेत्र तक सीमित नहीं रखना चाहिए। हार्वर्ड जाने से पहले उनके पास कुछ समय था, उसी दौरान मिस राजस्थान के ऑडिशन हुए और उन्होंने बिना ज्यादा सोचे इसमें हिस्सा ले लिया। पहली बार मॉडलिंग करने के बावजूद वे टॉप-28 तक पहुंच गईं। उनका मानना है कि अकादमिक करियर (पढ़ाई) और मॉडलिंग दोनों को साथ-साथ आगे बढ़ाया जा सकता है। आगे चलकर वे इन दोनों क्षेत्रों के बीच बेहतरीन संतुलन बनाने की कोशिश करेंगी। गंभीर चोट के बावजूद रैंप नहीं छोड़ा निहारिका राठौड़ ने निहारिका ने बताया- ट्रेनिंग सेशन मैं पैर बुरी तरह मुड़ गया, जिससे उनके पैर की मांसपेशियों में गंभीर चोट आ गई (मांसपेशियां फट गईं)। 'टॉप मॉडल राउंड' मेरे लिए बेहद महत्वपूर्ण था और बचपन का सपना बीच में छोड़ना उन्हें मंजूर नहीं था। पैर पर प्लास्टर इसलिए नहीं चढ़वाया, क्योंकि लगातार चलने-फिरने से उसके टूटने का खतरा था। मैं पेनकिलर्स के सहारे लगातार प्रशिक्षण ले रही हैं और रैंप पर उतर रही हैं। यह मेरा पहला ऑडिशन था और पहली ही कोशिश में मुझे सफलता मिली। मुझे लगता है कि भगवान ने मुझे यह अवसर किसी खास मकसद से दिया है, इसलिए मैं किसी भी हाल में पीछे नहीं हटूंगी। ----------- मिस राजस्थान फिनाले वीक से जुड़ी ये खबर भी पढ़िए… मॉडल ने ताश के पत्तों से बना आउटफिट पहना:कोई बनी आईफा ट्रॉफी, मां की ज्वैलरी से बनी ड्रेस; मिस राजस्थान फिनाले वीक में अनोखे लुक मिस राजस्थान 2026 के फिनाले वीक में टॉप-28 फाइनलिस्ट मॉडल्स ने रैंप वॉक किया। इस दौरान सभी मॉडल्स अपनी अनोखी और रचनात्मक ड्रेसेस को लेकर काफी सुर्खियों में रहीं। रैंप वॉक के दौरान किसी मॉडल ने ताश के पत्तों से बना अनोखा आउटफिट पहना, तो किसी ने खुद को आईफा अवॉर्ड ट्रॉफी के रूप में खूबसूरती से प्रस्तुत किया। (पढ़ें पूरी खबर)
रेस्ट अॉफ राजस्थान और कोल्विन शील्ड चैम्पियन सीकर के बीच मैच अब 5 जुलाई से
जयपुर | रेस्ट अॉफ राजस्थान और कोल्विन चैम्पियन सीकर की टीमों के बीच तीन दिवसीय मैच अब 5 जुलाई से खेला जाएगा। पहले ये मैच 6 जुलाई से होना था। इस मैच में राजस्थान के बेस्ट क्रिकेटर्स खेलते नजर आएंगे। हालांकि राजस्थान की क्रिकेट के कुछ बड़े नाम इन दोनों ही टीमों में शामिल नहीं है। दोनों टीमों के खिलाड़ी जयपुर पहुंच गए हैं। दो दिन कैम्प के बाद 5 जुलाई से यह मैच खेला जाएगा। इस मैच में खेलने वाले खिलाड़ियों के प्रदर्शन पर विजेन्द्र यादव वाली सलेक्शन कमेटी की नजर रहेगी। आरसीए सूत्रों के अनुसार, 5 जुलाई को महिलाओं का डे-नाइट मैच अभी स्थगित कर दिया गया है। {रेस्ट ऑफ राजस्थान टीम : रोहन राजभर (कप्तान), आर्यन जैन, अजय गिगना, करण सिंह राणावत. दर्शन जैन, समर्पित जोशी, शुभम पटवाल, आयुष आमेरिया, सव्य गजराज, छगन सिंह पुरोहित, मोहित जैन, साहिल दीवान, राजीव दुक्तावा, भगवान सिंह, हेमंत चौधरी। कोच : राजेश बिश्नोई और चंद्रपाल सिंह चूंडावत।
मिस राजस्थान 2026 के फिनाले वीक में टॉप-28 फाइनलिस्ट मॉडल्स ने रैंप वॉक किया। इस दौरान सभी मॉडल्स अपनी अनोखी और रचनात्मक ड्रेसेस को लेकर काफी सुर्खियों में रहीं। रैंप वॉक के दौरान किसी मॉडल ने ताश के पत्तों से बना अनोखा आउटफिट पहना, तो किसी ने खुद को आईफा अवॉर्ड ट्रॉफी के रूप में खूबसूरती से प्रस्तुत किया। मॉडल ने हाथ में तलवार लेकर बेहद साहसी और अनोखे अंदाज में रैंप वॉक किया। इसके अलावा, तितली की थीम पर बनी बेहद आकर्षक ड्रेस भी एक मॉडल ने पहनी। वहीं, एक अन्य मॉडल ने सिंड्रेला थीम पर स्वयं तैयार किया हुआ आउटफिट पहना। राजस्थानी संस्कृति को दर्शाते हुए पारंपरिक बंधेज प्रिंट के साथ हाथ से बने मिट्टी के चाय के कुल्हड़ों को भी एक मॉडल ने अपने आउटफिट का हिस्सा बनाया। मिस राजस्थान 2026 के फिनाले वीक का आयोजन बुधवार रात को जामडोली स्थित 'हैवा हैवन रिसॉर्ट' में किया गया। फिनाले जयपुर के बिड़ला ऑडिटोरियम मे 4 जुलाई को होगा। आयोजक योगेश मिश्रा और निमिषा मिश्रा ने बताया- इस राउंड का उद्देश्य प्रतिभागियों की रचनात्मक क्षमता, डिजाइन सेंस, स्टाइलिंग और कॉन्सेप्ट प्रेजेंटेशन को परखना था। हर मॉडल ने अपने व्यक्तित्व के अनुरूप अलग पहचान बनाने की कोशिश की। इसमें एक मॉडल ने अपनी मां की ज्वैलरी को कपड़े पर लगाकर पूरी तरह से 'ज्वैलरी ड्रेस' बनाई और रैंप वॉक किया, वहीं कुछ मॉडल्स बॉलीवुड की प्रसिद्ध अभिनेत्रियों की तरह तैयार होकर रैंप पर उतरीं। टैग-1: आराध्या मदान90 के दशक की बॉलीवुड ग्लैमर को जिया आराध्या मदान ने टैग-2: नेहा हंसराजानी हरे रंग में शक्ति और सौम्यता का संदेश टैग-3: पलक शर्मागॉथिक विंटेज स्टाइल में दिखीं टैग-4: शुभांगी शर्मा अखबार की सुर्खियों से बना फैशन टैग-5: आस्था भूटानी ब्लैंक कैनवास बनी आस्था भूटानी टैग-6: जाह्नवी कुमावत ओल्ड हॉलीवुड की झलक लेकर आईं जाह्नवी कुमावत टैग-7: आशा जांगिड़ बार्बी बनी आशा जांगिड़ टैग-8: श्रुति कुमारीओल्ड हॉलीवुड एस्थेटिक्स से प्रेरित टैग-8: लक्षिता गोदारा'हॉरर और वैम्पायर' लुक पेश किया टैग-10: निहारिका राठौड़ फूलों से सजी प्रकृति की खूबसूरती बनी निहारिका राठौड़ की पहचान टैग-11: मेघना चौधरी ताश के पत्तों से सफलता की कहानी सुनाती दिखीं मेघना चौधरी टैग-12: प्राची हिंदूजा सभी प्रतिभागियों को आईफा अवॉर्ड मानती हैं प्राची हिंदूजा टैग-13: कुसुम सोनी टैग-14: शगुन राठौड़ड्रेस पर डिजाइन हुई ज्वैलरी, मां का मिला साथ टैग-15: दिव्यांशी जांगिड़ सिंड्रेला बनी दिव्यांशी जांगिड़ टैग-16: श्रुति नायक करीना कपूर के आइकॉनिक लुक से प्रेरित श्रुति नायक टैग-17: श्रीजा गुप्ता मरमेड वाइब्स के साथ मंच पर उतरीं श्रीजा गुप्ता टैग-18: वंशिका नूनियाआधुनिक महिला की सोच को दर्शाया टैग-19: निहारिका माथुर दादी के लहंगे को नया जीवन देने वाली निहारिका माथुर टैग-20: कोमल वर्मा तितली बन उड़ने का सपना लेकर आईं कोमल वर्मा टैग-21: सुहानी जैन कैटरीना कैफ की झलक बनी सुहानी जैन टैग-22: अक्षिता सिंह तंवर'द डेविल वियर्स प्राडा' से प्रेरित अक्षिता सिंह तंवर टैग-23: अनुष्का माथुर राजस्थान की बंधेज और कुल्हड़ चाय का अनोखा संगम टैग-24: वर्षा शर्मा हॉलीवुड ग्लैमर लेकर आईं वर्षा शर्मा टैग-25: खुशी धिनवा बचपन की प्रेरणा बनी खुशी धिनवा की पहचान टैग-26: ज्योति चौधरीसेल्फ लव का संदेश लेकर आईं ज्योति चौधरी टैग-27: अनमोल शेखावतऑरेंज और ब्लैक से व्यक्तित्व की अभिव्यक्ति टैग-28: प्रज्ञा चौधरी लैटिना स्टाइल में दिखा जुनून
पूर्व सीएम अशोक गहलोत ने सरकारी भुगतान तंत्र के पूरी तरह ठप होने का दावा करते हुए सीएम भजनलाल शर्मा को लैटर लिखा है। गहलोत ने लैटर में गंभीर वित्तीय संकट का हवाला देते हुए सरकारी कर्मचारियों को होने वाली परेशानियों और वेंडर्स का भुगतान नहीं होने पर सवाल उठाए। गहलोत ने लैटर में लिखा- राजस्थान में सरकारी भुगतान तंत्र जिस तरह ठप पड़ चुका है, उसे लेकर मैं गहरी चिंता के साथ यह लिख रहा हूं। यह किसी एक विभाग या किसी एक योजना की समस्या नहीं है। कर्मचारी, पेंशनभोगी, दुर्घटना पीड़ित परिवार, अस्पताल, दवा विक्रेता और छोटे ठेकेदार, लगभग हर वर्ग आज अपने वाजिब भुगतान के लिए भटक रहा है। प्रदेश के इतिहास में वित्तीय कुप्रबंधन का ऐसा स्वरूप पहले कभी नहीं देखा गया। गहलोत ने कहा- मुख्यमंत्री को समय रहते इसमें हस्तक्षेप कर लोगों को राहत दिलानी चाहिए। आरजीएचएस योजना में अस्पतालों-मेडिकल स्टोरों का भुगतान अटका गहलोत ने लिखा- आरजीएचएस योजना के तहत निजी अस्पतालों, डायग्नोस्टिक सेंटरों और दवा विक्रेताओं का करोड़ों रुपए का भुगतान महीनों से अटका है। स्थिति इतनी गंभीर हो चुकी है कि राज्य मानवाधिकार आयोग को इसे मानवाधिकार उल्लंघन मानते हुए स्वतः संज्ञान लेना पड़ा। कई अस्पतालों ने योजना से जुड़ी सेवाएं सीमित करने या एमओयू समाप्त करने तक की चेतावनी दे डाली। नतीजा यह है कि कैशलेस इलाज का दावा करने वाली योजना में भी कर्मचारियों और पेंशनरों को पहले अपनी जेब से पैसे जमा करवाने पड़ रहे हैं। इस भरोसे पर कि सरकार से भुगतान आने पर बाद में वापसी होगी। ऐसे मामलों में राज्य सरकार को लिखित गारंटी देकर अस्पतालों को पुनर्भुगतान के लिए पाबंद करना चाहिए। एक्सीडेंट में मौत पर पांच लाख की सहायता भी नहीं मिल रही गहलोत ने लिखा- मुख्यमंत्री चिरंजीवी, आयुष्मान दुर्घटना बीमा योजना के तहत भी रुपए नहीं मिल रहे हैं। इसके तहत दुर्घटना में मौत होने पर पीड़ित परिवार को पांच लाख रुपए की सहायता राशि मिलनी होती है। यह जानकारी मिल रही है कि सैकड़ों मामलों में दावे स्वीकृत होने के बावजूद पीड़ित परिवारों को भुगतान नहीं मिल पाया है। जिस परिवार ने अपना कमाने वाला सदस्य खोया हो, उसे स्वीकृति के बाद भी महीनों राशि के लिए इंतजार करना पड़े, यह राज्य सरकार की असंवेदनहीनता को दिखाता है। रिटायरमेंट के बाद कई महीनों तक कर्मचारियों को नहीं मिल रहे रुपए गहलोत ने लिखा- राज्य के रिटायर्ड कर्मचारियों की हालत भी उतनी ही चिंताजनक है। जीपीएफ, ग्रुप बीमा, ग्रेच्युटी और अर्जित अवकाश (पीएल) जैसी रकम, जो कर्मचारी का हक है। रिटायरमेंट के बाद कई महीनों तक जारी नहीं हो रहा। साथ ही सामाजिक सुरक्षा पेंशन भी प्रदेश के कई जिलों में कई महीनों से लंबित चल रही है। इससे बुजुर्ग, विधवा और दिव्यांग पेंशनभोगी सबसे ज्यादा प्रभावित हो रहे हैं। ट्रेजरी से पास हो चुके बिलों का भुगतान नहीं हो रहा गहलोत ने लिखा- ट्रेजरी से पास हो चुके बिलों के भुगतान पर भी कई महीनों से संकट बना हुआ है। इसका सीधा असर सड़क, पेयजल और अन्य बुनियादी ढांचे से जुड़ी परियोजनाओं पर पड़ रहा है। हालत यह हो गई है कि छोटे-छोटे ठेकेदारों को अपने वाजिब भुगतान के लिए अखबारों में विज्ञापन देकर सरकार का ध्यान आकर्षित करना पड़ रहा है। हजारों श्रमिकों और छोटे उद्यमियों की आजीविका इसी भुगतान संकट के कारण खतरे में है। भुगतान संकट प्रशासनिक लापरवाही नहीं गहलोत ने लिखा- भुगतान का यह संकट केवल प्रशासनिक लापरवाही नहीं, बल्कि लाखों परिवारों की आजीविका और सम्मान से जुड़ा प्रश्न है। जिस राज्य को अपने कर्मचारियों, पेंशनभोगियों और सेवा प्रदाताओं के भरोसे पर खड़ा होना चाहिए, वहां आज यह भरोसा ही डगमगा रहा है। आम आदमी, सरकारी कार्मिक, पेंशनभोगी, ठेकेदार समेत समाज का हर वर्ग आज परेशान है। इस विषय की गंभीरता को समझते हुए समय रहते निर्णय लेना जरूरी है, ताकि प्रदेश के लाखों परिवारों को इस अनावश्यक संकट से राहत मिल सके।
छत्तीसगढ़ के रायगढ़ जिले में नाबालिग लड़की को राजस्थान ले जाकर 20 हजार रुपए में बेचने की साजिश रचने मामले में पुलिस ने 4 साल से फरार आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी को जशपुर जिले से पकड़ा गया। इससे पहले इस मामले में तीन आरोपियों को साल 2022 में ही गिरफ्तार कर जेल भेजा जा चुका है। मामला धरमजयगढ़ थाना क्षेत्र का है। पुलिस के अनुसार, 28 जून 2022 को एक 17 वर्षीय बालिका के पिता ने धरमजयगढ़ थाने में गुमशुदगी दर्ज कराई थी। उन्होंने बताया था कि उनकी बेटी 23 जून 2022 की शाम घर से बिना बताए कहीं चली गई थी। काफी तलाश के बाद भी उसका पता नहीं चलने पर अपहरण की आशंका जताई गई थी। ट्रेन में मिली थी नाबालिग जांच के दौरान मध्यप्रदेश के अनुपपुर रेलवे स्टेशन पर रेलवे सुरक्षा बल (RPF) ने बालिका को ट्रेन से दो संदिग्धों हीरालाल चौहान और देवलाल तिग्गा के साथ बरामद किया था। सूचना मिलने पर धरमजयगढ़ पुलिस मौके पर पहुंची और बालिका को सुरक्षित वापस लेकर आई। राजस्थान में 20 हजार में बेचने की थी योजना पूछताछ में खुलासा हुआ कि हीरालाल चौहान, देवलाल तिग्गा, रामपाल यादव और रामा चौहान ने मिलकर बालिका को बहला-फुसलाकर राजस्थान ले जाने की योजना बनाई थी। वहां शादी कराने के नाम पर उसे 20 हजार रुपए में बेचने की साजिश रची गई थी। इसके बाद पुलिस ने मानव तस्करी समेत अन्य गंभीर धाराएं जोड़कर मामला दर्ज किया। तीन आरोपी पहले ही हो चुके थे गिरफ्तार इस मामले में साल 2022 में ही हीरालाल चौहान, देवलाल तिग्गा और रामपाल यादव को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया था। जबकि चौथा आरोपी रामा चौहान (35), निवासी ग्राम जोराडोल, जिला जशपुर, लगातार फरार चल रहा था। ऑपरेशन क्लीन हंट में मिली सफलता एसएसपी शशि मोहन सिंह के निर्देशन में चलाए जा रहे ऑपरेशन क्लीन हंट के तहत फरार आरोपियों की तलाश के दौरान पुलिस को सूचना मिली कि रामा चौहान अपने गांव जोराडोल आया हुआ है। सूचना पर धरमजयगढ़ थाना प्रभारी राजेश जांगड़े के नेतृत्व में पुलिस टीम ने दबिश देकर उसे गिरफ्तार कर लिया। SSP बोले- मानव तस्करी के आरोपियों को बख्शा नहीं जाएगा पूछताछ में आरोपी ने अपना जुर्म स्वीकार कर लिया। इसके बाद उसे न्यायालय में पेश कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया। एसएसपी शशि मोहन सिंह ने कहा कि मानव तस्करी जैसे जघन्य अपराधों में शामिल किसी भी आरोपी को कानून से बचने नहीं दिया जाएगा। ऑपरेशन क्लीन हंट के तहत वर्षों से फरार अपराधियों की लगातार गिरफ्तारी की जा रही है और आगे भी यह अभियान जारी रहेगा।
डेढ़ दशक का लंबा इंतजार, दो बार शिलान्यास, दो बार उद्घाटन की तारीखें और जमीन के खेल से लेकर अपनों की बगावत तक... राजस्थान के रेगिस्तान में देश की पहली BS-6 मानक वाली हाईटेक 'HPPCL राजस्थान रिफाइनरी लिमिटेड' (HRRL) बनकर तैयार है। आगामी 4 जुलाई को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी इस मेगा प्रोजेक्ट का उद्घाटन करेंगे। माना जा रहा है कि बालोतरा के पचपदरा में बनी इस रिफाइनरी की वजह से पूरे राजस्थान की तस्वीर बदल जाएगी। 9 मिलियन मीट्रिक टन प्रति वर्ष (MMTPA) की क्षमता वाली यह रिफाइनरी पेट्रोकेमिकल उत्पादन में भारत को आत्मनिर्भर बनाएगी। आइए जानते हैं 2012 से 2026 तक के इस सफर की पूरी कहानी… आग लगने के कारण टल गया था PM का दौरा देश की सबसे बड़ी ग्रीनफील्ड रिफाइनरी के लिए राजस्थान की सियासत में 'हाई-वोल्टेज ड्रामा' हुआ था। 2012 से 2026 तक का सफर इतना आसान नहीं था। इस प्रोजेक्ट ने न केवल दो बार शिलान्यास देखा, बल्कि जमीन के फेर में अपनों को अपनों के खिलाफ लड़ते भी देखा। संयोग से दो बार उद्घाटन की तारीख की घोषणा भी हुई। 21 अप्रैल को पीएम नरेंद्र मोदी रिफाइनरी का उद्घाटन करने वाले थे। लेकिन इससे ठीक एक दिन पहले 20 अप्रैल को सीडीयू-वीडीयू यूनिट में लीकेज होने से आग लग गई। इससे पीएम का उद्घाटन दौरा स्थगित हो गया था। लीलाना से पचपदरा कैसे पहुंची रिफाइनरी शुरुआत में रिफाइनरी बालोतरा (पूर्व में बाड़मेर) के बायतु के लीलाना गांव में लगनी तय थी। जैसे ही घोषणा हुई, राजनीतिक रसूख वाले लोगों और भूमाफिया ने वहां हजारों बीघा जमीन औने-पौने दाम पर खरीद ली। जब सरकार जमीन अवाप्त (कब्जा लेने) करने पहुंची, तो किसानों ने हाथ खींच लिए। कुछ ने 1 बीघा जमीन के बदले 1 करोड़ रुपए की मांग रख दी। तत्कालीन सीएम अशोक गहलोत ने पचपदरा का रुख किया, जहां सरकारी जमीन उपलब्ध थी। रिफाइनरी शिफ्ट होते ही लीलाना में करोड़ों के ख्वाब देख रहे भूमाफिया और नेता अर्श से फर्श पर आ गए। कर्नल सोनाराम का विद्रोह बाड़मेर के राजनीतिक मामलों के जानकार शिव प्रकाश सोनी बताते हैं- रिफाइनरी शिफ्ट होने पर राजनीति में भूचाल आ गया था। बायतु के तत्कालीन विधायक कर्नल सोनाराम चौधरी (स्वर्गीय) ने अपनी ही सरकार के खिलाफ मोर्चा खोल दिया था। उन्होंने आरोप लगाया था कि अशोक गहलोत काकाणी में पेट्रोकेमिकल कॉम्प्लेक्स लगाकर अपने गृह जिले जोधपुर को फायदा देना चाहते हैं। उन्होंने यहां तक कह दिया था- जान दे दूंगा, लेकिन रिफाइनरी को यहां से जाने नहीं दूंगा। उस समय राजस्व मंत्री हेमाराम चौधरी ने भी इस्तीफा तक दे दिया था। देश की सबसे हाईटेक रिफाइनरी यह रिफाइनरी HPCL (74%) और राजस्थान सरकार (26%) का संयुक्त उपक्रम है। 15 साल के लंबे इंतजार और ₹42,229 करोड़ की अतिरिक्त लागत (शुरुआती लागत से तुलना) के बाद अब यह रेगिस्तान की तस्वीर बदलने को तैयार है। पचपदरा रिफाइनरी की सबसे बड़ी खासियत इसका नेल्सन कॉम्प्लेक्सिटी इंडेक्स (NCI) है। यह लगभग 17 है। तकनीकी भाषा में इसका मतलब है कि यह देश की सबसे उन्नत, हाई-कन्वर्जन रिफाइनरी है। यह दुनिया के किसी भी कोने से आने वाले भारी, निम्न गुणवत्ता (लो क्वालिटी) वाले कच्चे तेल को भी बेशकीमती पेट्रोल, डीजल, पेट्रोकेमिकल में बदलने की क्षमता रखती है। आत्मनिर्भर भारत का जीवंत उदाहरण देते हुए इस रिफाइनरी के अधिकांश रिएक्टर, कॉलम, भारी टैंक भारत में ही बने हैं। इसका दिमाग यानी कंट्रोल सिस्टम, हाई-प्रेशर कंप्रेसर के लिए अमेरिका, जापान, यूरोप की तकनीक का सहारा लिया गया है। इसकी फिनिशिंग, वेल्डिंग की गुणवत्ता अंतरराष्ट्रीय स्तर की बनाए रखने के लिए नीदरलैंड के तकनीशिय ने पचपदरा की तपती धूप में पसीना बहाया है। खास हीटिंग पाइपलाइन बिछाई गई कच्चे तेल की प्रकृति वैक्सी (मोम जैसी) होती है। इसे पाइपलाइन में जमने से रोकने के लिए मुंद्रा (गुजरात) से पचपदरा तक एक विशेष हीटिंग पाइपलाइन बिछाई गई है। इसमें जगह-जगह हीटिंग स्टेशन, थर्मल इंसुलेशन लगाया गया है। इससे तेल का तापमान बना रहेगा। इस मेगा प्रोजेक्ट के पीछे दुनिया के सबसे बड़े तकनीकी दिमाग काम कर रहे हैं। इंजीनियर्स इंडिया इसकी कमान संभाल रही है। लमस टेक्नोलॉजी, यूओपी, यूनिवेशन टेक्नोलॉजीज जैसी ग्लोबल कंपनियों ने अपनी पेट्रोकेमिकल, क्रैकर यूनिट्स की तकनीक प्रदान की है। लाखों टन स्ट्रक्चरल स्टील और विशेष एलॉय स्टील से स्ट्रक्चर बनाए गए हैं। हजारों किलोमीटर की केबलिंग और मोटरों में कॉपर का अधिक उपयोग किया गया है, जिससे वायरिंग फ्रिक्वेंसी मजबूत रहे। रिफाइनरी शुरू होते ही राजस्थान भी मजबूती से आर्थिक क्षेत्र में उभरेगा। रिफाइनरी से प्रोडक्शन शुरू होने के बाद राजस्थान केवल कच्चा तेल निकालने वाला राज्य नहीं रहेगा। वह उसे प्रोसेस कर वैल्यू-एडेड प्रोडक्ट (जैसे पॉलीप्रोपाइलीन और पॉलिमर) बनाने वाला हब बन जाएगा। इससे स्थानीय स्तर पर प्लास्टिक, केमिकल उद्योगों की बाढ़ आएगी। ---- ये खबरें भी पढ़िए… 1- राजस्थान में हिंदुस्तान पेट्रोलियम की रिफाइनरी में आग, कई घंटे बाद काबू पाया गया; कल प्रधानमंत्री उद्घाटन करने वाले थे राजस्थान में बाड़मेर के नजदीक बालोतरा में हिंदुस्तान पेट्रोलियम लिमिटेड (HPCL) की रिफाइनरी में सोमवार दोपहर 2 बजे भीषण आग लग गई। जानकारी के मुताबिक आग रिफाइनरी में कच्चे तेल को साफ करने वाली दो यूनिट में लगी। पढ़ें पूरी खबर... 2- राजस्थान की रिफाइनरी से देश बनेगा एनर्जी सुपरपावर; एक्सपर्ट बोले- जामनगर और भटिंडा की तरह बनेगा नया पेट्रोकेमिकल हब राजस्थान के बालोतरा जिले के पचपदरा में बन रही देश की सबसे बड़ी ग्रीनफील्ड तेल रिफाइनरी और पेट्रोकेमिकल परियोजना अब अंतिम चरण में है। दैनिक भास्कर ने करीब 79,459 करोड़ रुपए की लागत से बनी रिफाइनरी की स्टेट्स रिपोर्ट को खंगाला। पढ़ें पूरी खबर...
झज्जर जिले में नशा तस्करों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत स्पेशल स्टाफ की टीम ने कार्रवाई करते हुए 4 किलो 200 ग्राम अवैध अफीम के साथ एक अंतरराज्यीय तस्कर को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार किया गया नशा तस्कर राजस्थान का रहने वाला है और झज्जर-रेवाड़ी रोड स्थित अहरी मोड़ पर कथित तौर पर ग्राहक का इंतजार कर रहा था। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज किया है। मुखबिर की सूचना पर की घेराबंदी स्पेशल स्टाफ प्रभारी उप निरीक्षक राजेश कुमार ने बताया कि पुलिस टीम गश्त पर थी। इसी दौरान सूचना मिली कि एक व्यक्ति अहरी मोड के पास अफीम बेचने के लिए खड़ा है। सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची और चारों ओर से घेराबंदी कर दी। पुलिस को देखकर आरोपी भागने की कोशिश करने लगा, लेकिन टीम ने उसे मौके पर ही दबोच लिया। राजपत्रित अधिकारी की मौजूदगी में हुई तलाशी पुलिस ने एनडीपीएस एक्ट के सभी कानूनी प्रावधानों का पालन करते हुए आरोपी को उसके अधिकारों की जानकारी दी। उसकी इच्छा के अनुसार राजपत्रित अधिकारी की मौजूदगी में तलाशी ली गई, जिसमें उसके कब्जे से 4 किलो 200 ग्राम अवैध अफीम बरामद हुई। बरामदगी के बाद थाना माछरौली में मामला दर्ज कर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया। राजस्थान का रहने वाला है तस्कर पूछताछ में तस्कर की पहचान दुर्गा शंकर निवासी ग्राम चामेरा, तहसील बिछीवाड़ा, जिला डूंगरपुर (राजस्थान) के रूप में हुई। पुलिस ने आरोपी को कोर्ट में पेश कर 3 दिन के रिमांड पर लिया है। रिमांड के दौरान अफीम के स्रोत, खरीद-फरोख्त, सप्लाई चेन और इस नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों के बारे में पूछताछ की जा रही है। इस साल 11 केस, 13 आरोपी गिरफ्तार पुलिस कमिश्नर डॉ. राजश्री सिंह ने कहा कि झज्जर पुलिस नशा तस्करों के खिलाफ जीरो टॉलरेंस नीति के तहत लगातार कार्रवाई कर रही है। वर्ष 2026 में अब तक नशीले पदार्थों से जुड़े 11 मामले दर्ज किए जा चुके हैं और 13 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। इन मामलों में गांजा, स्मैक, अफीम और नशीले इंजेक्शन समेत विभिन्न मादक पदार्थ बरामद किए गए हैं। उन्होंने आमजन से अपील की कि यदि कहीं भी नशीले पदार्थों की तस्करी, बिक्री या सेवन की सूचना मिले तो तुरंत पुलिस को अवगत कराएं। सूचना देने वाले की पहचान पूरी तरह गोपनीय रखी जाएगी।
राजस्थान की लोक संस्कृति, मानवीय संवेदनाओं और ग्रामीण जीवन की सादगी को वैश्विक मंच तक पहुंचाने वाली चर्चित राजस्थानी-हिंदी फिल्म ‘ओमलो’ अब अपने सबसे बड़े डिजिटल सफर की शुरुआत करने जा रही है। दुनिया के सबसे प्रतिष्ठित फिल्म मंच कान्स में सराही जा चुकी यह फिल्म अब 3 जुलाई से वेव्स ओटीटी पर रिलीज होगी। खास बात यह है कि फिल्म एक साथ करीब 120 देशों के दर्शकों तक पहुंचेगी, जिससे राजस्थान की संस्कृति, लोकजीवन और यहां की कहानियां वैश्विक दर्शकों के सामने नई पहचान बनाएंगी। जयपुर में आयोजित कार्यक्रम में फिल्म की टीम मौजूद रही। फिल्म के लेखक, निर्देशक, अभिनेता और निर्माता सोनू रणदीप चौधरी, निर्माता रोहित माखीजा, मनीष गोपलानी, राष्ट्रीय पुरस्कार विजेता संगीतकार एवं गायक गाजी खान बरना, सह-निर्माता अजय राठौड़, अभिनेता शंभू महाजन, देव शर्मा, महेश जिलावा, वंदना गुप्ता और हेड ऑफ प्रोडक्शन एवं आर्ट डायरेक्टर यतीन राठौड़ ने फिल्म के सफर और उपलब्धियों को साझा किया। राजस्थान की मिट्टी से निकली कहानी, जिसने दुनिया को छुआ एक्टर प्रोड्यूसर सोनू चौधरी ने बताया कि ‘ओमलो’ की कहानी राजस्थान के बीकानेर जिले के श्री डूंगरगढ़ क्षेत्र के धोलिया गांव की पृष्ठभूमि पर आधारित है। फिल्म एक सात वर्षीय मासूम बच्चे और एक ऊंट की जिंदगी के समानांतर चलती संवेदनशील कहानी को पर्दे पर उतारती है। दोनों के संघर्ष, दर्द, बेबसी और जीवन की परिस्थितियों के जरिए फिल्म समाज के कई ऐसे सवाल उठाती है, जो दर्शकों को भीतर तक झकझोर देते हैं। फिल्म की सबसे बड़ी विशेषता यह है कि इसकी पूरी शूटिंग राजस्थान में हुई है और इसमें स्थानीय कलाकारों एवं वास्तविक परिवेश को ही प्रमुखता दी गई है। यही वजह है कि फिल्म में राजस्थान की संस्कृति, बोली, लोकजीवन और मानवीय भावनाएं पूरी प्रामाणिकता के साथ दिखाई देती हैं। कान्स से लेकर अंतरराष्ट्रीय मंचों तक मिली पहचान ‘ओमलो’ ने रिलीज से पहले ही अंतरराष्ट्रीय फिल्म समारोहों में अपनी अलग पहचान बना ली है। कान्स फिल्म मार्केट में विशेष स्क्रीनिंग के बाद फिल्म को वैश्विक स्तर पर सराहा गया। इसके अलावा फिल्म ने अमेरिका के अटलांटा इंडियन फिल्म फेस्टिवल में बेस्ट फीचर फिल्म का सम्मान जीता। राजस्थान इंटरनेशनल फिल्म फेस्टिवल में फिल्म को सर्वश्रेष्ठ फीचर फिल्म और सर्वश्रेष्ठ संगीत निर्देशक का पुरस्कार मिला। वहीं नई दिल्ली फिल्म फेस्टिवल में इसे बेस्ट डायरेक्टर और बेस्ट म्यूजिक डायरेक्टर के सम्मान से नवाजा गया। गोल्डन ज्यूरी अवॉर्ड्स में फिल्म ने बेस्ट डायरेक्टर, बॉलीवुड इंटरनेशनल फिल्म फेस्टिवल में बेस्ट फीचर फिल्म, बेस्ट एक्टर और बेस्ट एक्ट्रेस, जबकि विंध्य इंटरनेशनल फिल्म फेस्टिवल में बेस्ट फीचर फिल्म, बेस्ट डायरेक्टर और बेस्ट एक्टर का पुरस्कार अपने नाम किया। ग्लोबल बेंगलुरु फिल्म फेस्टिवल में भी फिल्म को बेस्ट डायरेक्टर और बेस्ट चाइल्ड आर्टिस्ट का सम्मान मिला। ‘ओमलो’ सिर्फ फिल्म नहीं, राजस्थान की पहचान है फिल्म के निर्देशक और निर्माता सोनू रणदीप चौधरी ने कहा कि ‘ओमलो’ केवल एक फिल्म नहीं, बल्कि राजस्थान की आत्मा, यहां की संस्कृति और लोगों की भावनाओं का प्रतिनिधित्व करती है। उनका कहना था कि उद्देश्य ऐसी कहानी कहना था, जो स्थानीय होकर भी दुनिया के हर इंसान के दिल तक पहुंचे। उन्होंने बताया कि वेव्स ओटीटी के माध्यम से यह फिल्म 120 देशों में देखी जाएगी। इससे न केवल राजस्थान की लोक संस्कृति और खूबसूरती को अंतरराष्ट्रीय पहचान मिलेगी, बल्कि यहां के कलाकारों और फिल्म उद्योग के लिए भी नए अवसर खुलेंगे।
राजस्थान में महिलाओं की पढ़ाई सीधे तौर पर परिवार के आकार को बदल रही है। सैंपल रजिस्ट्रेशन सिस्टम स्टैटिस्टिक्स (एसआरएस) के अनुसार, राज्य में अशिक्षित महिलाओं की कुल प्रजनन दर (टीएफआर) 3.6 है, जबकि स्नातक और उससे अधिक शिक्षित महिलाओं में यह सिर्फ 1.7 ही रह गई है। यानी उच्च शिक्षित महिलाएं अशिक्षित महिलाओं के मुकाबले आधे से भी कम बच्चों को जन्म दे रही हैं। चौंकाने वाली बात यह है कि 11 साल पहले 2013 में अशिक्षित महिलाओं की टीआरएफ 3.6 ही थी। आंकड़े बताते हैं कि जैसे-जैसे शिक्षा का स्तर बढ़ता है, बच्चों की औसत संख्या घटती जाती है। प्राथमिक शिक्षित महिलाओं की टीएफआर 3.1, मिडिल पास की 2.9, 10वीं पास की 2.4, 12वीं पास की 2 और स्नातक या उससे ऊपर शिक्षित महिलाओं की 1.7 है। किशोरी और युवतियों के मातृत्व में भी शिक्षा का असर शिक्षा का सबसे बड़ा असर किशोर मातृत्व पर दिख रहा है। 15 से 19 आयु वर्ग में प्रति 100 अनपढ़ किशोरी-युवतियों के 113.4 बच्चे हैं, जबकि इसी ग्रुप की स्नातक किशोरियों में यह शून्य दर्ज की गई। 20 से 24 आयु वर्ग में प्रति 100 अनपढ़ महिलाओं के 274.4, जबकि स्नातक में 78.7 बच्चे हैं। अनपढ़ ग्रामीण महिला के 4, शहरी के 3 बच्चे औपचारिक शिक्षित भी सजग
राजस्थान यूनिवर्सिटी (आरयू) के संघटक कॉलेजों की पहली मेरिट ने बोर्डवार एडमिशन का बड़ा अंतर दिखाया है। महाराजा कॉलेज में 1010 सीटों में सिर्फ 9.4% सीटों पर सीबीएसई छात्र चुने गए, यानी करीब 90% सीटें राजस्थान बोर्ड के नाम रहीं। राजस्थान कॉलेज में भी बीए की पहली लिस्ट में सीबीएसई हिस्सेदारी महज 16% रही। महारानी और कॉमर्स कॉलेज में भी यही ट्रेंड दिखा। वजह- आरबीएसई का 12वीं में 97% तक रिजल्ट और सीबीएसई रिजल्ट/री-चैकिंग में देरी मानी जा रही है। कॉलेजवार बोर्ड दबदबा महाराजा कॉलेज: 1010 सीटें; CBSE सिर्फ 9.4%, RBSE करीब 90.6%राजस्थान कॉलेज: BA में CBSE करीब 16%, RBSE करीब 84%महारानी कॉलेज: 2660 सीटों में करीब 80% सीटें RBSE छात्राओं के नामकॉमर्स कॉलेज: ट्रेंड RBSE के पक्ष में, CBSE सीमित इसलिए पिछड़ा CBSE पहले रिजल्ट पैटर्न पर होता था एडमिशन पहले RBSE-CBSE रिजल्ट पैटर्न के अंतर को संतुलित करने के लिए पर्सेंटाइल फार्मूला लागू था। करीब 5 साल पहले फार्मूला हटने के बाद सीधे प्रतिशत आधारित मेरिट बनी। पहले पर्सेंटाइल से CBSE छात्रों को अपेक्षाकृत ज्यादा मौका मिलता था। 12वीं RBSE रिजल्ट - स्ट्रीमवार तुलना भास्कर एनालिसिस मेरिट में 2-4% का इजाफा
जाने-माने चेस्ट फिजिशियन एवं पल्मोनरी मेडिसिन विशेषज्ञ डॉ. नलिन जोशी को नई दिल्ली में आयोजित डॉक्टर्स डे कॉन्क्लेव 2026 पर प्रतिष्ठित ''राजस्थान इंस्पायरिंग चेस्ट स्पेशलिस्ट ऑफ इंडिया” सम्मान से अलंकृत किया है। यह सम्मान छत्तीसगढ़ के राज्यपाल ने प्रदान किया। इस अवसर पर माननीय केंद्रीय राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) डॉ. जितेंद्र सिंह, विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। इस राष्ट्रीय मंच पर देशभर के प्रतिष्ठित चिकित्सक, स्वास्थ्य विशेषज्ञ, नीति-निर्माता, शोधकर्ता एवं चिकित्सा जगत के अग्रणी व्यक्तित्व एकत्रित हुए। इस अवसर पर भारत सरकार की स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण राज्य मंत्री श्रीमती अनुप्रिया पटेल मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहीं। डॉ. जोशी को यह राष्ट्रीय सम्मान पल्मोनरी एवं रेस्पिरेटरी मेडिसिन (फेफड़ों एवं श्वसन रोगों) के क्षेत्र में उनके उत्कृष्ट चिकित्सीय योगदान, रोगी-केंद्रित सेवाओं, चिकित्सा अनुसंधान, शैक्षणिक उत्कृष्टता और समाज में श्वसन रोगों के प्रति जागरूकता बढ़ाने के लिए प्रदान किया। डॉ. जोशी एक प्रतिष्ठित चिकित्सक होने के साथ-साथ उत्कृष्ट शोधकर्ता एवं शिक्षाविद भी हैं। उनके नाम 95 शोध प्रकाशन दर्ज हैं, जिनमें 5 अंतरराष्ट्रीय एवं 91 राष्ट्रीय शोध पत्र शामिल हैं।
हरियाणा के नारनौल के साथ लगते राजस्थान के कोटपूतली में सड़क पर साइड देने को लेकर हरियाणा रोडवेज की चरखी दादरी डिपो की बस के कंडक्टर और एक डंपर ड्राइवर के बीच विवाद हो गया। मामूली कहासुनी देखते ही देखते मारपीट में बदल गई। बीच सड़क हुई धक्का-मुक्की का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। हालांकि, दैनिक भास्कर वायरल वीडियो की पुष्टि नहीं करता। मंगलवार सुबह दादरी डिपो की बस नारनौल होते हुए जयपुर जा रही थी। कोटपूतली में करीब 8:50 बजे सड़क पर आगे और पीछे दो बसें खड़ी हो गईं। साइड देने पर हुआ था विवाद इसी दौरान एक बंद डंपर को निकालने के दौरान साइड देने को लेकर विवाद शुरू हो गया। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक पहले दोनों पक्षों के बीच तीखी बहस हुई, लेकिन कुछ ही देर में मामला हाथापाई तक पहुंच गया। अभद्र भाषा का प्रयोग किया आरोप है कि रोडवेज बस के कंडक्टर ने डंपर ड्राइवर के साथ अभद्र भाषा का प्रयोग किया। इसके बाद बस रुकने पर कंडक्टर और उसके साथ मौजूद कुछ अन्य लोगों ने डंपर ड्राइवर के साथ धक्का-मुक्की और मारपीट की। वायरल वीडियो में बनियान पहने डंपर ड्राइवर को धक्का देकर सड़क पर गिराते हुए देखा जा सकता है। राहगीरों ने किया बीच-बचाव घटना के समय बस में बड़ी संख्या में यात्री सवार थे। सड़क पर अचानक हुए हंगामे से कुछ देर के लिए माहौल गर्म हो गया। राहगीरों और स्थानीय लोगों ने बीच-बचाव कर मामला शांत कराया। किसी ने शिकायत नहीं दी फिलहाल, किसी भी पक्ष की ओर से पुलिस में शिकायत दर्ज कराए जाने की पुष्टि नहीं हुई है। पुलिस का कहना है कि यदि शिकायत मिलती है तो वायरल वीडियो और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर मामले की जांच कर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
पलवल में संयुक्त किसान मोर्चा (SKM) ने केंद्र सरकार के उस फैसले का विरोध किया है, जिसमें हरियाणा के हिस्से का यमुना जल राजस्थान को देने की बात कही गई है। मोर्चा ने तर्क दिया है कि दक्षिणी हरियाणा के पलवल, फरीदाबाद, गुरुग्राम और नूंह जिलों में पहले से ही पानी की भारी कमी है। किसान संगठनों के मुताबिक, इन जिलों के बड़े हिस्से में सिंचाई की उचित व्यवस्था नहीं है। इस कारण किसानों को खेती में काफी कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है और उन्हें आर्थिक नुकसान उठाना पड़ता है। मोर्चा का कहना है कि सरकार का यह निर्णय क्षेत्र के किसानों की परेशानी को और बढ़ाएगा। किसान नेता बोले- SYL समझौता लागू नहीं कर रही सरकार इस मुद्दे पर संयुक्त किसान मोर्चा के जिलाध्यक्ष मास्टर महेंद्र सिंह चौहान, धर्मचंद और उदय सिंह ने अपनी बात रखी। उन्होंने कहा कि सतलुज-यमुना लिंक (SYL) नहर समझौता दशकों से लंबित है, लेकिन केंद्र सरकार ने इसे लागू करने के लिए कोई ठोस प्रयास नहीं किए हैं। नेताओं ने बताया कि पिछले 12 वर्षों से केंद्र में भाजपा गठबंधन की सरकार है। पंजाब में भी एक समय अकाली दल-भाजपा गठबंधन की सरकार रही थी। इसके बावजूद, हरियाणा के किसानों के लिए महत्वपूर्ण SYL नहर समझौते को लागू करवाने में केंद्र और राज्य सरकारों ने गंभीरता नहीं दिखाई। राजस्थान को पानी देने से बिगड़ सकती है स्थिति मोर्चा ने जोर दिया कि SYL समझौते के लागू न होने के कारण हरियाणा के बड़े हिस्से में सिंचाई व्यवस्था नहीं हो पाई है। अब सरकार ने यमुना के पानी को राजस्थान में देने का समझौता कर लिया है, जिससे स्थिति और बिगड़ सकती है। संयुक्त किसान मोर्चा ने केंद्र और हरियाणा सरकार से इस फैसले पर पुनर्विचार करने और दशकों से लंबित SYL नहर समझौते को तुरंत लागू करने की मांग की है, ताकि हरियाणा के किसानों को सिंचाई के लिए पर्याप्त पानी मिल सके। इस दौरान संयुक्त किसान मोर्चा के नेता मास्टर महेंद्र सिंह चौहान, उदय सिंह सरपंच, किसान सभा के जिला प्रधान रूपराम तेवतिया के साथ किसान नेता डॉ. रघुवीर सिंह, श्याम दत्त नंबरदार और नरेंद्र सहरावत भी शामिल थे।
सुप्रीम कोर्ट ने मंगलवार को आसाराम द्वारा दायर याचिका पर राजस्थान सरकार से जवाब मांगा है। याचिका में आसाराम ने राजस्थान हाईकोर्ट के उस फैसले को चुनौती दी है, जिसमें साल 2013 के नाबालिग से रेप मामले में उम्रकैद की सजा को बरकरार रखा था। न्यायमूर्ति एम.एम. सुंदरेश और न्यायमूर्ति शील नागू की पीठ ने आसाराम की सजा पर रोक लगाने से इनकार करते हुए राजस्थान सरकार को नोटिस जारी किया है। अदालत ने सरकार को 2 सप्ताह के भीतर अपना जवाब दाखिल करने का निर्देश दिया है। सुनवाई के दौरान याचिकाकर्ता के सीनियर वकील डी.एस. नायडू ने दलील दी कि आसाराम की उम्र 80 साल से अधिक है और वे कई गंभीर बीमारियों से पीड़ित हैं। इस पर सुप्रीम कोर्ट ने जेल प्रशासन को आसाराम के लिए आवश्यक चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध कराने का निर्देश दिया। साथ ही पीठ ने मौखिक रूप से टिप्पणी करते हुए कहा- फिलहाल हम जमानत नहीं दे रहे हैं। राज्य सरकार का पक्ष सुनने के बाद यदि ऐसी गंभीर स्थिति सामने आती है, जिससे उनके जीवन को खतरा हो, तभी जमानत पर विचार किया जाएगा। हाईकोर्ट ने बरकरार रखी थी आसाराम की सजा राजस्थान हाईकोर्ट ने 27 मई को फैसले में आसाराम की दोषसिद्धि और उम्रकैद की सजा को बरकरार रखा था। हालांकि, अदालत ने आसाराम को भारतीय दंड संहिता (आईपीसी) और पॉक्सो अधिनियम के तहत सामूहिक गैंगरेप और बच्चे के साथ गंभीर यौन उत्पीड़न से संबंधित आरोपों से बरी कर दिया था। हाईकोर्ट ने आसाराम को आईपीसी की धारा 376(डी), पॉक्सो अधिनियम की धारा 5(जी)/6 और आईपीसी की धारा 120(बी) (आपराधिक साजिश) के आरोपों से भी मुक्त कर दिया था। हालांकि, अदालत ने आईपीसी की धारा 376(2)(एफ) (नाबालिग से रेप) के तह दोषसिद्धि को बरकरार रखा, जिसके चलते ट्रायल कोर्ट द्वारा सुनाई गई उम्रकैद की सजा यथावत रही। इसके अलावा, हाईकोर्ट ने आईपीसी की धारा 342 (गलत तरीके से बंधक बनाना), 370(4) (मानव तस्करी), 506 (आपराधिक धमकी), 509 (महिला की मर्यादा का अपमान), 354(ए) (यौन उत्पीड़न), पॉक्सो अधिनियम की धारा 7/8 तथा किशोर न्याय (जेजे) अधिनियम की धारा 23 के तहत भी उनकी दोषसिद्धि को बरकरार रखा। साथ ही, आईपीसी की धारा 376 और धारा 34 (समान मंशा) के तहत भी उनकी सजा कायम रखी गई। वहीं, हाईकोर्ट ने इस मामले में सह-आरोपी संचिता गुप्ता उर्फ शिल्पी और शरत चंद्र को सभी आरोपों से बरी कर दिया था। 25 अप्रैल 2018 को ट्रायल कोर्ट ने आसाराम को अपने आश्रम में एक नाबालिग छात्रा के साथ रेप का दोषी ठहराते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई थी। --- यह खबर भी पढ़िए… 'भूत का साया' क्या था, शिल्पी-शरत को क्यों बरी किया:आसाराम की सजा बरकरार, 16 सवालों से जानिए हाईकोर्ट का फैसला नाबालिग से रेप के मामले में राजस्थान हाईकोर्ट (जोधपुर मुख्यपीठ) ने आसाराम की आजीवन कारावास की सजा बरकरार रखी है। कोर्ट ने आसाराम की अंतरिम जमानत तुरंत रद्द करते हुए सरेंडर करने का आदेश दिया है। साथ ही तत्काल गिरफ्तारी का वारंट भी जारी कर दिया है। पढ़ें पूरी खबर ---------------
MP के 25 साल के युवक ने 16 साल की नाबालिग गर्लफ्रेंड का शव राजस्थान के दौसा में लाकर दफना दिया। पुलिस ने आरोपी से सख्ती पूछताछ की तो उसने पूरा राज उगल दिया। आरोपी दौसा में ही काम करता था, ऐसे में उसने ये जगह चुनी, ट्रेन से नाबालिग को लेकर आया और ट्रैक के पास ही मारकर दफना दिया। पूछताछ में सामने आया कि आरोपी की शादी तय हो गई थी। नाबालिग उसे शादी करने का दबाव बना रही थी। ऐसे में, उसने गर्लफ्रेंड की हत्या कर शव को जमीन में गाड़ दिया। MP से आई पुलिस ने मंगलवार को शव को निकाला तो कंकाल बरामद हुआ। नाबालिग लापता, परिजनों को शक था MP से आए पुलिसकर्मी ने बताया- मार्च महीने में परिजनों ने नाबालिग के लापता होने की रिपोर्ट दर्ज करवाई थी। परिजनों को युवक पर शक था। ऐसे में, इस पर नजर रखी गई थी। नाबालिग के पास कोई फोन भी नहीं था तो उसके बारे में कोई लोकेशन भी नहीं मिल रही थी। सोमवार को सबूतों के साथ युवक को डिटेन कर पूछताछ की तो उसने हत्या कर शव को दौसा जिले में दफनाने की बात स्वीकार कर ली। इसके बाद आज उसे यहां लेकर आए और खाली प्लाट से शव को निकलवाया है। ये 4 फीट नीचे कट्टे में डालकर गाड़ दिया गया था। पूछताछ में बोला- शादी का दबाव बना रही थी आरोपी ने पूछताछ में बताया- मार्च महीने में युवक की सगाई कहीं और हो गई थी। इस पर नाबालिग उससे शादी करने का दबाव बना रही थी। ऐसे में, युवक उसे दौसा लेकर आया और एक खाली प्लाट में उसकी हत्या कर शव कट्टे में भरकर दफना दिया। इसके बाद वापस MP आ गया। मार्च महीने में ही युवक की शादी थी। यह शादी के दिन ही गांव लौटा था। परिजनों से पूछताछ की तो शक गहराया पुलिस ने बताया- इधर, पुलिस की छानबीन जारी थी। परिजनों से भी संभावित ठिकानों को लेकर पूछताछ की तो सामने आया कि युवक दौसा में काम करता है। इसके बाद युवक को पकड़कर सख्ती से पूछताछ की तो उसने पूरा राज उगल दिया। DNA जांच होगी मंगलवार को दौसा पहुंच कर खाली प्लाट में खुदाई करवाई। 4 फीट खोदने पर सफेद रंग का कट्टा नजर आया। इसी में नाबालिग का शव था। शव पूरी तरह कंकाल में बदल जाने के कारण डीएनए जांच भी कराई जाएगी।
जयपुर के सीके बिरला हॉस्पिटल में रोबोटिक तकनिक से राजस्थान का पहला सफल किडनी ट्रांसप्लांट किया गया है। अलग ब्लड ग्रुप (एबीओ-इनकम्पेटिबल) होने के बावजूद पत्नी ने पति के लिए किडनी दान की और रोबोट से सर्जरी की गई। इस सर्जनी का नेतृत्व सीनियर ट्रांसप्लांट सर्जन डॉ.देवेंद्र के.शर्मा ने किया। यह ट्रांसप्लांट बूंदी निवासी एंड स्टेज रीनल डिजीज (ESRD) से पीड़ित मरीज पर किया गया, जो लंबे समय से डायलिसिस पर निर्भर था। मरीज की पत्नी ने किडनी दान करने की इच्छा जताई, लेकिन दोनों के ब्लड ग्रुप अलग थे। मरीज का ब्लड ग्रुप बी-पॉजिटिव, जबकि पत्नी का ए-पॉजिटिव था। इतना ही नहीं, दोनों का एचएलए (ह्यूमन ल्यूकोसाइट एंटीजन) मैच भी शून्य था, जिससे यह ट्रांसप्लांट बेहद चुनौतीपूर्ण बन गया। डॉ. देवेंद्र शर्मा और उनकी टीम ने सर्जरी के दौरान पहले डोनर की किडनी को लैप्रोस्कोपिक डोनर नेफ्रेक्टोमी तकनीक से निकाला गया। इसके बाद रोबोटिक असिस्टेड रीनल एलोग्राफ्ट ट्रांसप्लांट के जरिए नई किडनी मरीज के शरीर में सफलतापूर्वक प्रत्यारोपित की गई। नेफ्रोलॉजिस्ट डॉ. शील भद्र जैन और डॉ. अश्विनी शर्मा ने ऑपरेशन से पहले और बाद में दवाओं तथा इम्यूनोसप्रेशन प्रोटोकॉल का सफल प्रबंधन किया, जिससे मरीज का शरीर नई किडनी को स्वीकार कर सका। सर्जरी के तुरंत बाद नई किडनी ने सामान्य रूप से काम करना शुरू कर दिया। सफल रिकवरी के बाद मरीज को स्वस्थ अवस्था में हॉस्पिटल से छुट्टी दे दी गई। इस जटिल ऑपरेशन में एनेस्थीसिया टीम के डॉ. अतुल और डॉ. रुचि, जबकि सर्जिकल टीम के डॉ. महेश जोशी और डॉ. प्रतीक का भी महत्वपूर्ण योगदान रहा।
पुणे में 18 जून को केतन अग्रवाल हत्याकांड में गिरफ्तार सिया गोयल और उसके बॉयफ्रेंड चेतन चौधरी को लेकर लगातार नए खुलासे हो रहे हैं। पुणे में रहने वाले जोधपुर के चेतन के कुछ दोस्तों ने बताया कि चेतन के पिता की दुकान के सामने सिया गोयल के पिता का ऑफिस था। वह कॉलेज में पढ़ाई करते वक्त क्रिकेट खेलने के दौरान सिया के भाई साहिल के संपर्क में आया। इसके बाद सिया से दोस्ती हुई। दोनों को साथ घूमते उसके दोस्तों ने भी देखा था। चेतन ने अपने दोस्तों को बताया था कि वह और सिया रिलेशनशिप में हैं और जल्द ही शादी करेंगे। चेतन कई बार सिया को मारवाड़ी महिलाओं के पहनावे और राजस्थान के कल्चर से जुड़ी रील्स दिखाता था। सिया कई बार राजस्थान घूमने आई थी। उसने दोस्तों को बताया था कि- सिया और वह शादी के बाद उदयपुर या जोधपुर में शिफ्ट हो जाएंगे। इसके लिए सिया अपने परिवार से पैसों का इंतजाम कर लेगी। चेतन ने केतन हत्याकांड से दो–तीन महीने से समाज के लोगों और दोस्तों से मिलना भी बंद कर दिया था। मामले में पुणे पुलिस सिया और चेतन के मोबाइल डाटा की रिकवरी कर सर्च हिस्ट्री का पता लगा रही है। रिश्तेदार के पास रह रहा चेतन का परिवार पुणे में मार्केट यार्ड नाम के इलाके में जोधपुर के पलासनी गांव के चेतन के पिता बाबूलाल सीरवी की दुकान थी। 25 जून से दुकान बंद है और चेतन का परिवार घर के बजाय रिश्तेदार के वहां रह रहा है। इलाके में अधिकांश दुकानें मारवाड़–मेवाड़ के लोगों की है। जहां वे ड्राइफ्रूट और किराना का बिजनेस करते हैं। मार्केट में पाली, जोधपुर, नागौर, उदयपुर, जालोर–सिरोही के लोग बिजनेस करते हैं। वे परिवार के साथ मार्केट में दुकान के ऊपर ही रहते हैं। मार्केट यार्ड में अधिकांश व्यापारियों ने 27 जून को कैंडल मार्च निकालने की घटना के बाद से दुकान नहीं खोली हैं। मार्केट में दिन–रात पुलिस का पहरा है। घटना सामने आने के बाद से लोग चेतन को लेकर गुस्से में हैं। इस वजह से पुणे में मारवाड़ी लोगों के खिलाफ माहौल गरम है। ऐसे में वहां रहने वाले लोग भय व दहशत में रह रहे हैं। अभी माहौल गरम, कुछ बोले तो पुलिस–पब्लिक का डर पुणे के मार्केट यार्ड में 40 साल से बिजनेस कर रहे सोजत (पाली) के 65 साल के व्यक्ति ने बताया कि पुणे में काफी मारवाड़ी हैं। कई बार पहले भी हत्या, लूट और चोरी जैसे मामले में मारवाड़ के लोगों की गिरफ्तारी हुई है। लेकिन केतन हत्याकांड के बाद लोकल व मारवाड़ी लोगों के बीच खाई बनती जा रही है, जिसे ठीक होने में समय लगेगा। यहां रहने वाले बाली (पाली) के 35 साल के व्यक्ति ने बताया कि 27 जून को इस केस से आक्रोशित लोगों ने कैंडल मार्च निकाला था। कैंडल मार्च में मारवाड़ी लोग भी शामिल हुए, लेकिन अभी तक माहौल गरम है। इसलिए चेतन–सिया और उसके परिवार के बारे में कोई भी खुलकर नहीं बोल रहा है। दोनों के परिवार वालों को रिश्ते की जानकारी थी इधर, पुणे पुलिस की ओर से रिमांड में की गई पूछताछ से सामने आया है कि सिया और चेतन के रिश्ते की जानकारी दोनों परिवार को थी। सिया के परिवार ने केतन हत्याकांड के बाद चेतन के परिवार को घटना के बारे में बताया था। हालांकि उस वक्त तक दोनों परिवार को यह नहीं पता था कि केतन की हत्या में सिया या चेतन शामिल हैं। केतन हत्याकांड में कब क्या हुआ? 31 मई: सिया को केतन की हत्या का प्लान सूझा 11 फरवरी को सगाई के बाद केतन, सिया को घर लेकर आता था, साथ घुमाने ले जाता था। उसे ट्रैकिंग यानी पहाड़ी चढ़ने का शौक था। उसने सिया से ट्रैकिंग के लिए लोहगढ़ किले चलने को कहा। यहीं सिया को केतन की हत्या की प्लान सूझा। 5 जून: किले पर जाने की जिद की, केतन नहीं गया सिया ने 4 जून को केतन से दोबारा लोहगढ़ किला जाने की जिद की। केतन नहीं माना। 6 जून को केतन, उनकी बहन, एक दोस्त और सिया के इंडोनेशिया के बाली जाने के टिकट बुक थे। पुणे पुलिस के मुताबिक बाली न जाना पड़े, इसलिए सिया ने केतन का पासपोर्ट छिपा लिया। 14 जून: दूसरी कोशिश, धक्का दिया, लेकिन केतन बच गया सिया ने केतन से दोबारा किले पर चलने को कहा। पुलिस के मुताबिक 14 जून को दोनों किले पहुंचे। सिया ने केतन को धक्का दिया। लेकिन पेड़ का सहारा मिलने से केतन बच गया। उसने पूछा- धक्का क्यों दिया? सिया ने कहा, ‘एक सांप था, तुम्हें उससे बचाने के लिए धक्का दिया।’ केतन ने घर आकर सबको बताया कि सिया की वजह से उसकी जान बच गई। 18 जून: तीसरी कोशिश में बॉयफ्रेंड के साथ मिलकर धक्का दिया 19 जून को सिया का जन्मदिन मनाने के लिए केतन ने महाबलेश्वर में एक लग्जरी रिजॉर्ट बुक किया था। सिया ने उससे पहले केतन को प्री-वेडिंग फोटोशूट की बात कहकर लोहगढ़ किले पर जाने के लिए मना लिया। इस बार पीछे-पीछे चेतन भी था। एक जगह जब केतन पहाड़ियों की तरफ देख रहा था, तभी दोनों ने उसे पीछे से धक्का दे दिया। …. केतन हत्याकांड से जुड़ी ये खबरें भी पढ़िए… 1. बॉयफ्रेंड चेतन के साथ उदयपुर आई थी सिया:3 करोड़ में बुक किया था आलीशान रिसॉर्ट, केतन से यहीं शादी करने की जिद की थी पुणे (महाराष्ट्र) के चर्चित केतन अग्रवाल हत्याकांड की आरोपी सिया गोयल अपने बॉयफ्रेंड चेतन चौधरी (23) के साथ उदयपुर भी आई थी। पूरी खबर पढ़िए… 2. जोधपुर का रहने वाला है सिया का बॉयफ्रेंड चेतन चौधरी:गर्लफ्रेंड को पुणे से मेहरानगढ़ किला घुमाने लाया था, पैतृक घर पहुंचा भास्कर पुणे (महाराष्ट्र) में चर्चित केतन अग्रवाल हत्याकांड की आरोपी मंगेतर सिया गोयल का बॉयफ्रेंड चेतन चौधरी (23) जोधपुर का रहने वाला है। चेतन का बिलाड़ा कस्बे के पलासनी गांव में पैतृक घर है। पूरी खबर पढ़िए…
अभी नहीं थमेगी बारिश-आंधी, दिल्ली-यूपी से लेकर राजस्थान तक एक हफ्ते का अलर्ट जारी
दिल्ली, यूपी, पंजाब, हरियाणा और राजस्थान समेत उत्तर भारत के कई राज्यों में अगले एक सप्ताह तक आंधी, बारिश और तेज हवाओं का दौर जारी रहने की संभावना है। मौसम विभाग ने कई इलाकों में अलर्ट जारी किया है।
बॉलीवुड के दिग्गज निर्देशक विक्रम भट्ट और उनकी पत्नी श्वेताम्बरी भट्ट को राजस्थान पुलिस ने गिरफ्तार किया है। दोनों पर उदयपुर के एक व्यापारी से 30 करोड़ रुपए की धोखाधड़ी का आरोप है। विक्रम और उनकी पत्नी को मुंबई के यारी रोड इलाके के गंगा भवन ...
दिल्ली के बाद अब राजस्थान में भी टैक्स फ्री हुई फिल्म '120 बहादुर'
एक्सेल एंटरटेनमेंट और ट्रिगर हैपी स्टूडियोज की वॉर एपिक '120 बहादुर' आखिरकार सिनेमाघरों में रिलीज हो गई है, और इसके साथ ही पूरे देश में जबरदस्त उत्साह की लहर दौड़ गई है। साल की सबसे ज्यादा चर्चा वाली फिल्मों में शामिल इस फिल्म को मीडिया और ...
राजस्थान बोर्ड ने जारी किया 10वीं-12वीं सप्लीमेंट्री परीक्षा 2024 का शेड्यूल, यहां करें चेक
Rajasthan Board 10th-12th Supplementary Exam 2024: राजस्थान माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (RBSE) ने बीएसईआर सप्लीमेंट्री परीक्षा 2024 की डेटशीट जारी कर दी है। जिन छात्रों के परीक्षा में 33 प्रतिशत से कम अंक
क्या 6 महीने बाद फिर से राजस्थान के इस महल में शादी करने जा रहे हैं विक्की कैट
राजस्थान अपने खूबसूरत किलों और महलों के लिए विश्वभर में जाना जाता है। कला और संस्कृति के इस अनूठे संगम, शाही ठाठ बाठ समेत राजपुताना वास्तुकला का आनंद उठाने दुनिया के कोने-कोने से पर्यटक यहां आते हैं..........
Salman Khan फायरिंग केस में आया सनसनीखेज अपडेट, राजस्थान के इस राज्य से पकड़ा गया मामले का एक और आरोपी
सलमान खान के घर पर गोलीबारी प्रकरण में नया मामला दर्ज, राजस्थान से एक व्यक्ति गिरफ्तार
मुंबई। मुंबई पुलिस ने अप्रैल में अभिनेता सलमान खान के आवास के बाहर हुई गोलीबारी के सिलसिले में एक नया मामला दर्ज किया है और आपराधिक धमकी के आरोप में राजस्थान से एक व्यक्ति को गिरफ्तार किया है। एक अधिकारी ने रविवार को यह जानकारी दी। अपराध शाखा के अधिकारी ने बताया कि आरोपी की पहचान राजस्थान के बूंदी निवासी बनवारीलाल लटूरलाल गुर्जर (25) के रूप में हुई है। अधिकारी ने बताया कि गुर्जर ने कथित तौर पर अपने यूट्यूब चैनल पर एक वीडियो अपलोड किया था जिसमें उसने कहा था, लॉरेंस बिश्नोई, गोल्डी बराड़ और गिरोह के अन्य सदस्य मेरे साथ हैं तथा मैं सलमान खान को मारने जा रहा हूं क्योंकि उसने अभी तक माफी नहीं मांगी है। आरोपी ने राजस्थान में एक राजमार्ग पर वीडियो बनाया और उसे अपने चैनल पर अपलोड कर दिया। अधिकारी ने बताया कि मामले की गंभीरता को देखते हुए एक टीम जांच के लिए राजस्थान भेजी गई और उसने आरोपी को पकड़ लिया। उन्होंने कहा कि मुंबई के साइबर पुलिस थाने में मामला दर्ज कर लिया गया है। अधिकारी ने कहा, हम जांच कर रहे हैं कि आरोपी गुर्जर का कोई पिछला आपराधिक इतिहास तो नहीं है। उसे भारतीय दंड संहिता की संबंधित धाराओं, 506 (2) (आपराधिक धमकी के लिए सजा) और सूचना प्रौद्योगिकी (आईटी) अधिनियम के प्रावधानों के तहत गिरफ्तार किया गया है और जांच जारी है। बांद्रा इलाके में 14 अप्रैल की सुबह सलमान खान के घर के बाहर मोटरसाइकिल सवार दो लोगों ने कई गोलियां चलाई थीं। इस मामले में कुल छह लोगों को गिरफ्तार किया गया था। इनमें से एक अनुज थापन ने एक मई को पुलिस हवालात में कथित तौर पर फांसी लगा ली थी।
यहाँ जानिए, राजस्थान में बनी फिल्म 'परमाणु' के बारे में कुछ अनकहे किस्से
जॉन अब्राहम की फिल्म 'परमाणु- द स्टोरी ऑफ पोखरण' को रिलीज हुए 6 साल हो गए हैं। यह फिल्म 25 मई 2018 को रिलीज हुई थी..........
यहाँ जानिए, राजस्थान में बनी फिल्म 'बादशाहो' के बारे में कुछ अनकही बाते
बादशाहो एक पीरियड एक्शन-थ्रिलर थी.......
यहाँ जानिए, राजस्थान में बनी फिल्म 'हाईवे' के बारे में कुछ रोचक बाते
जब इम्तियाज अली द्वारा निर्देशित यह रोड ड्रामा प्रसारित हुआ, जिसमें आलिया भट्ट और रणदीप हुडा ने अभिनय किया, तो लोगों ने इसे बहुत प्यार दिया, न केवल इसकी अभूतपूर्व कहानी के कारण, बल्कि भट्ट के उत्कृष्ट प्रदर्शन के कारण भी...........
देसी मिट्टी से शाहरुख खान ने कमा डाले 200 करोड़ रुपये, राजस्थान में करी थी फिल्म जवान की शूटिंग?
शाहरुख खान की फिल्म जवान ने पहले तीन दिनों में 200 करोड़ रुपये की कमाई कर शानदार प्रदर्शन किया है. 7 सितंबर को सिनेमाघरों में रिलीज हुई इस फिल्म ने 75 करोड़ की बड़ी ओपनिंग का रिकॉर्ड बनाया है............
यहाँ जानिए, राजस्थान में बनी फिल्म 'ये जवानी है दीवानी' के बारे में कुछ रोचक बाते
उदयपुर में शूट की गई रोमांटिक और कॉमेडी फिल्मों की जबरदस्त अवधारणाओं में से एक का निर्माण करण जौहर द्वारा किया गया था और अयान मुखर्जी द्वारा निर्देशित किया गया था। यह उदयपुर में शूटिंग की गई सबसे लोकप्रिय फिल्मों में से एक थी.........
यहाँ जानिए, राजस्थान में बनी फिल्म 'गाइड' के बारे में कुछ अनकही बाते
उदयपुर में शूट की गई पहली फिल्मों में से एक वहीदा रहमान और देव आनंद अभिनीत एक रोमांस ड्रामा थी। यह फिल्म आर.के. नारायण के प्रसिद्ध उपन्यास पर आधारित है, जिसे व्यापक रूप से भारतीय सिनेमा उद्योग की उपलब्धियों में से एक माना जाता है.............
फिल्मों की शूटिंग के लिए बेस्ट लोकेशन बन रहा राजस्थान का अलवर
राजस्थान प्रदेश का अलवर जिला इन दिनों फिल्मों और वेब सीरीज समेत शॉर्ट फिल्मों के लिए बेस्ट लोकेशन बनता जा रहा है। इसका अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि बॉलीवुड एक्टर उज्जवल चोपड़ा अपनी शॉर्ट फिल्म की 4 दिन की शूटिंग के लिए अलवर पहुंचे..........
जोधा अकबर की शूटिंग के बाद मशहूर हुई राजस्थान की ये जगहे
भारतीय फिल्म इंडस्ट्री की पीरियड फिल्म 'जोधा अकबर' के कुछ सीन जयपुर के आमेर किले में शूट किए गए हैं. आपको आशुतोष गोवारिकर की फिल्म का वो सीन याद होगा, जिसमें ऐश्वर्या राय किचन में राजा के लिए खाना बनाती है......
यहाँ जानिए, राजस्थान में बनी फिल्म 'लगान' के बारे में कुछ रोचक तथ्य
मिस्टर परफेक्शनिस्ट के नाम से मशहूर आमिर खान की फिल्म 'लगान' उनके फिल्मी करियर के लिए मील का पत्थर साबित हुई। फिल्म में एक ऐसे गांव का चित्रण किया गया था जहां के लोग किराए के बोझ तले दबे हुए थ......
करण-अर्जुन की शूटिंग के बाद मशहूर हुई राजस्थान की ये जगहे
आप सभी ने फिल्म अर्जुन तो देखी ही होगी, यह उस समय की ब्लॉकबस्टर फिल्म थी। और इस फिल्म में दिखाया गया गांव और ठाकुर दुर्जन सिंह की हवेली सभी को याद होगी. लेकिन ज्यादातर लोगों को ये नहीं पता कि इस फिल्म की शूटिंग किस गांव में हुई थी.........
यहाँ जानिए, राजस्थान में बनी फिल्म 'बॉर्डर' के बारे में कुछ अनोखी बातें
सनी देओल, जैकी श्रॉफ, सुनील शेट्टी, अक्षय खन्ना, सुदेश बेरी, पुनीत इस्सर और कुलभूषण खरबंदा अभिनीत फिल्म बॉर्डर ने अपनी रिलीज के 26 साल पूरे कर लिए हैं। 1971 के वास्तविक जीवन के भारत-पाकिस्तान युद्ध पर आधारित और लोंगेवाला की लड़ाई की सच्ची घटनाओं पर आधारित, बॉर्डर 1997 में रिलीज़ हुई थी और इसका निर्देशन जेपी दत्ता ने किया था............
यहाँ जानिए, राजस्थान में बनी फिल्म 'बोल बच्चन' के बारे में कुछ अनोखी बातें
रोहित शेट्टी की फिल्म 'बोल बच्चन' में अभिषेक बच्चन, अजय देवगन और असिन नजर आए हैं. फिल्म की आधे से ज्यादा शूटिंग पिंक सिटी जयपुर में हुई है. फिल्म का हिट गाना 'चलाओ न नैनों से बाण रे' की शूटिंग जयपुर के मशहूर रिजॉर्ट चोखी ढाणी में हुई है......
यहाँ जानिए, राजस्थान में बनी फिल्म 'बाजीराव मस्तानी' के बारे में कुछ अनोखी बातें
राजस्थान और फिल्मों का साथ हमेशा से ही एंटरटेनमेंट का तड़का लगा रहा है. राजधानी जयपुर (Jaipur) हमेशा से ही फिल्मकारों की पसंद रही है. बॉलीवुड की एक-दो नहीं बल्कि कई फिल्में 'पिंक सिटी' में शूट हो चुकी हैं.......
यहाँ जानिए, राजस्थान में बनी फिल्म 'बद्रीनाथ की दुल्हनिया' के बारे में कुछ अनोखी बातें
जब आलिया भट्ट और वरुण धवन अपनी फिल्म 'बद्रीनाथ की दुल्हनिया' के प्रमोशन के लिए जयपुर आए तो यह उनके लिए घर वापसी जैसा था। आप पूछेंगे कैसे? दोनों ने राजस्थान में फिल्म की शूटिंग के लिए इतना समय बिताया है कि उन्हें लगता है कि वे यहीं के हैं.....
Rajasthan 12th Board: दो दिन बाद समाप्त होंगे पुनर्मूल्यांकन के लिए आवेदन, ऐसे भरें फॉर्म
राजस्थान बोर्ड कक्षा 12वीं रिजल्ट 2024: पुनर्मूल्यांकन के लिए आवेदन करने की आखिरी तारीख 30 मई है। जो छात्र अपने अंक से असंतुष्ट हैं, वे आवेदन कर सकते हैं। आइए जानते हैं, कैसे करना है आवेदन। यहां देखें
यहाँ जानिए, राजस्थान में बनी फिल्म 'हम साथ साथ हैं' के बारे में कुछ अनोखी बातें
4 अक्टूबर 1998 को ग्रोव के संरक्षक मांगीलाल सोनल द्वारा सार्वजनिक पार्क में फिल्म ' हम साथ - साथ हैं ' की शूटिंग की अनुमति दी गई थी। यह खुलासा वन विभाग के अधिकारी शिवचंद बोहरा और सोनल से जिरह के दौरान हुआ.........
फिल्म करण अर्जुन 1995 में रिलीज हुई थी। रिलीज के इतने साल बाद भी फिल्म करण अर्जुन का नशा लोगों के दिलों में इस कदर छाया हुआ है कि लोग इसे भूल नहीं पाते हैं। आज हम इस फिल्म से जुड़ी कुछ दिलचस्प बातों के बारे में बात करेंगे......
पिछले कई महीनों से एक दर्जन सहित क्षेत्रीय भाषा और विदेशी फिल्मों की शूटिंग का हिस्सा रही जैसलमेर की धरती पर लाइट...एक्शन...कैमरे की आवाज नहीं गूंज रही है। एक साल में दर्जनों बॉलीवुड फिल्में......
रेत के टीलों से लेकर ऐतिहासिक स्मारकों तक, राजस्थान सभी फिल्म निर्माताओं को शूटिंग के लिए आकर्षित करता रहा है। जयपुर, जोधपुर जैसे शहरों की ऐतिहासिक विरासत से लेकर जैसलमेर, बाड़मेर जैसे जिलों के रेत के टीलों तक, यहां सब कुछ अनोखा है.....
जॉली एलएलबी की तीसरी किस्त में अक्षय कुमार और अरशद वारसी स्क्रीन शेयर करने जा रहे हैं। शूटिंग राजस्थान में चल रही थी और उन्होंने पहला शेड्यूल पूरा कर लिया है। हाल ही में, अभिनेताओं ने शूटिंग खत्म करते हुए एक मजेदार वीडियो साझा किया। कुछ ही देर में ये वायरल हो गया। दोनों को बड़ी मुस्कान के साथ बाइक चलाते देखा गया। अक्षय और अरशद ने इंस्टाग्राम पर वीडियो शेयर किया अक्षय और अरशद ने अपने इंस्टाग्राम हैंडल पर वीडियो साझा किया और लिखा, “और यह एक शेड्यूल रैप है! जैसा कि आप देख सकते हैं कि दोनों जॉलीज़ ने राजस्थान में अच्छा समय बिताया। वीडियो में दोनों सड़क पर बाइक चला रहे हैं। अरशद की शर्ट खून से लथपथ है. हाल ही में, बड़ी संख्या में अक्षय के प्रशंसक उनकी फिल्म के सेट पर उन्हें आश्चर्यचकित करने और उनके साथ तस्वीरें लेने के लिए पहुंचे। अब सोशल मीडिया पर सामने आई तस्वीरों में, राम सेतु अभिनेता को जॉली एलएलबी 3 के सेट पर उनका स्वागत करने आए लोगों के लिए तस्वीरें लेते और ऑटोग्राफ देते देखा जा सकता है। अक्षय पहले भी वीडियो शेयर कर चुके हैं इससे पहले, जॉली एलएलबी 3 के सेट से एक बिहाइंड द सीन वीडियो भी सोशल मीडिया पर सामने आया था जिसमें अक्षय शर्टलेस बैठे नजर आ रहे थे और उन्होंने सन बाथ का भी आनंद लिया था। वीडियो को इंस्टाग्राम पर शेयर करते हुए अक्षय के फैन पेज ने लिखा, @अक्षयकुमार #JollyLLB3 के सेट पर सन बाथ ले रहे हैं...अगर आप ठीक से सुनेंगे तो बजरंग बैन चल रहा है। बता दें, अक्षय कुमार ने इस महीने की शुरुआत में जॉली एलएलबी 3 की शूटिंग शुरू की थी, जब उन्होंने सेट से एक मजेदार वीडियो भी जारी किया था। वीडियो में अक्षय के साथ अरशद वारसी भी शामिल थे और दोनों काले कपड़े पहने नजर आ रहे थे। इसकी शुरुआत अक्षय द्वारा सभी को जगदीश त्यागी उर्फ जॉली बीए एलएलबी डुप्लिकेट से सावधान रहने की चेतावनी देने से हुई। इसके बाद, अरशद को खुद को असली जॉली के रूप में पेश करते देखा गया। जॉली एलएलबी की 3 किस्त आ रही है पहली जॉली एलएलबी फिल्म, जो 2013 में रिलीज हुई थी, जिसमें अरशद वारसी और सौरभ शुक्ला मुख्य भूमिका में थे। दूसरी ओर, फिल्म का सीक्वल 2017 में सिनेमाघरों में आया जिसमें अक्षय कुमार ने अरशद वारसी की जगह ली। उनके साथ हुमा कुरेशी भी उनकी प्रेमिका के रूप में शामिल हुईं। कथित तौर पर, तीसरी किस्त में, अक्षय कुमार और अरशद वारसी आमने-सामने होंगे, जबकि सौरभ शुक्ला जज के रूप में अपनी भूमिका निभाएंगे। हालांकि, अभी तक मेकर्स ने फिल्म की कहानी को लेकर कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया है। View this post on Instagram A post shared by Akshay Kumar (@akshaykumar)
सलमान खान के घर फायरिंग मामला: मुंबई क्राइम ब्रांच ने पांचवें आरोपी को राजस्थान से गिरफ्तार किया
सलमान खान के घर फायरिंग मामले में ताजा घटनाक्रम में मुंबई क्राइम ब्रांच ने मंगलवार को पांचवें आरोपी मोहम्मद चौधरी को राजस्थान से गिरफ्तार कर लिया है। इंडिया टीवी के अतुल सिंह की एक रिपोर्ट के अनुसार, मोहम्मद चौधरी ने दो शूटरों, सागर पाल और विक्की गुप्ता को पैसे देकर और रेकी करके भी मदद की। क्राइम ब्रांच के मुताबिक, चौधरी को आज मुंबई लाया जा रहा है जहां उसे किला कोर्ट में पेश किया जाएगा और पांच दिन की हिरासत की मांग की जाएगी। इसे भी पढ़ें: Kareena Kapoor Khan ने Saif Ali Khan के बड़े बेटे इब्राहिम की नवीनतम तस्वीरों पर सबसे मनमोहक टिप्पणी की इससे पहले, अनुज थापन नाम के एक आरोपी ने पुलिस हिरासत में चादर से फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली थी। बता दें, अनुज पर शूटरों को हथियार मुहैया कराने का आरोप है। थापन को नजदीकी अस्पताल में भर्ती कराया गया है। इससे पहले, बांद्रा में अभिनेता के आवास के बाहर गोलीबारी करने वाले दोनों शूटर विक्की गुप्ता और सागर पाल को गुजरात के भुज से हिरासत में लिया गया था। इसे भी पढ़ें: सलमान खान के घर के बाहर गोली चलाने के मामले में लॉरेंस बिश्नोई गिरोह का सदस्य गिरफ्तार सलमान खान के घर फायरिंग मामले की जानकारी मुंबई क्राइम ब्रांच के मुताबिक, कथित तौर पर सलमान खान के घर के बाहर फायरिंग करने वाले शूटरों के पास दो बंदूकें थीं और उन्हें 10 राउंड गोलियां चलाने का आदेश दिया गया था. 14 अप्रैल की सुबह, दो व्यक्ति मोटरसाइकिल पर आए और अभिनेता के आवास गैलेक्सी अपार्टमेंट के बाहर चार गोलियां चलाईं। घटना के बाद हमलावर तेजी से मौके से भाग गए। निगरानी फुटेज से पता चला कि दोनों संदिग्धों ने टोपी पहन रखी थी और बैकपैक ले रखा था। इस महीने की शुरुआत में मुंबई क्राइम ब्रांच ने गृह मंत्रालय को पत्र लिखकर गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई के भाई अनमोल के खिलाफ लुकआउट नोटिस जारी करने का अनुरोध किया था. अनमोल बिश्नोई ने घटना के कुछ घंटों बाद अपने फेसबुक प्रोफाइल के जरिए सलमान खान के घर पर हुई फायरिंग की जिम्मेदारी ली थी। सलमान खान की नवीनतम सार्वजनिक उपस्थिति सलमान खान हाल ही में लंदन में थे जहां उन्होंने ब्रिटेन के ब्रेंट नॉर्थ निर्वाचन क्षेत्र से सांसद बैरी गार्डिनर से मुलाकात की। इंटरनेट पर कई तस्वीरें वायरल हुईं, जिनमें बैरी और सलमान दोनों वेम्बली स्टेडियम के अंदर नजर आ रहे हैं।
अपनी बायोपिक में Shahrukh Khan को काम करते देखना चाहता है ये मशहूर विदेशी क्रिकेटर,Rajasthan Royals टीम का है हिस्सा
भारत के राष्ट्रीय प्रसारक Doordarshan ने नए लोगो का अनावरण किया, जिसका रंग लाल से नारंगी हुआ
भारत सरकार के स्वामित्व वाले सार्वजनिक टेलीविजन प्रसारक दूरदर्शन ने अपने समाचार चैनल डीडी न्यूज का लोगो लाल से बदलकर भगवा कर दिया है। यह लोगो 16 अप्रैल, 2024 को लागू हुआ, जिसने पिछले लाल वाले को बदल दिया। अपने आधिकारिक सोशल मीडिया पेजों के माध्यम से, डीडी न्यूज़ ने कहा कि उनके मूल्य वही रहेंगे और वे अब एक नए अवतार में उपलब्ध हैं। इसे भी पढ़ें: Barahi Devi Temple: बाराही देवी मंदिर में दर्शन मात्र से दूर होती है गंभीर बीमारियां, जानिए मंदिर से जुड़ी मान्यता पोस्ट में कहा गया एक ऐसी समाचार यात्रा के लिए तैयार हो जाइए जो पहले कभी नहीं देखी गई.. बिल्कुल नए डीडी न्यूज का अनुभव करें। हमारे पास यह कहने का साहस है: गति से अधिक सटीकता, दावों से अधिक तथ्य, सनसनीखेज से अधिक सत्य। क्योंकि अगर यह डीडी न्यूज पर है, तो यह सच है। दूरदर्शन का इतिहास दूरदर्शन ने 15 सितंबर, 1959 को सार्वजनिक सेवा प्रसारण में एक मामूली प्रयोग के साथ शुरुआत की। यह प्रयोग 1965 में एक सेवा बन गया जब दूरदर्शन नई दिल्ली और उसके आसपास के लिविंग रूम में टेलीविजन सेट तक पहुंच गया। 1975 तक सेवाओं को मुंबई, अमृतसर और सात अन्य शहरों तक बढ़ा दिया गया। 1 अप्रैल, 1976 को यह सूचना और प्रसारण मंत्रालय में एक अलग विभाग के अंतर्गत आ गया। 1982 में दूरदर्शन राष्ट्रीय प्रसारक बन गया। इसे भी पढ़ें: Rajasthan: पाली में बोले अमित शाह, हम भारत को दुनिया का तीसरा सबसे बड़ा अर्थतंत्र बना देंगे, ये मोदी की गारंटी है 1982 में, दूरदर्शन का रंगीन संस्करण तत्कालीन प्रधान मंत्री इंदिरा गांधी के स्वतंत्रता दिवस के भाषण के सीधे प्रसारण के साथ शुरू हुआ, इसके बाद दिल्ली में 1982 के एशियाई खेलों का रंगीन प्रसारण हुआ। वर्तमान में, दूरदर्शन 6 राष्ट्रीय चैनल और 17 क्षेत्रीय चैनल संचालित करता है। राष्ट्रीय चैनलों में डीडी नेशनल, डीडी इंडिया, डीडी किसान, डीडी स्पोर्ट्स, डीडी उर्दू और डीडी भारती शामिल हैं। दूसरी ओर, डीडी अरुणप्रभा, डीडी बांग्ला, डीडी बिहार, डीडी चंदना, डीडी गिरनार, डीडी मध्य प्रदेश, डीडी मलयालम, डीडी नॉर्थ ईस्ट, डीडी ओडिया, डीडी पोधिगई, डीडी पंजाबी, डीडी राजस्थान, डीडी सह्यगिरी, डीडी सप्तगिरी, डीडी उत्तर प्रदेश, डीडी यादगिरी और डीडी काशीर इसके क्षेत्रीय चैनल हैं। While our values remain the same, we are now available in a new avatar. Get ready for a news journey like never before.. Experience the all-new DD News! We have the courage to put: Accuracy over speed Facts over claims Truth over sensationalism Because if it is on DD News, it… pic.twitter.com/YH230pGBKs — DD News (@DDNewslive) April 16, 2024
बच्चों के साथ राजस्थान की सैर पर निकलीं शिल्पा शेट्टी, वीडियो शेयर कर...
शिल्पा शेट्टी इन दिनों राजस्थान की सैर पर निकली हैं. शिल्पा के साथ उनके बच्चे भी राजस्थान के नेशनल पार्क में घूमते नजर आ रहे हैं. शिल्पा ने इसका वीडियो शेयर किया है. वीडियो में शिल्पा शेट्टी बच्चों के साथ मस्ती करती नजर आ रही हैं.

