गोरखपुर में लगातार बढ़ रहा तापमान:तेज धूप से लोग परेशान, आने वाले दिनों में ऐसे ही रहेगा मौसम
गोरखपुर में गर्मी ने अब रफ्तार पकड़ ली है और आज सुबह से ही तेज धूप के साथ तापमान में बढ़ोतरी दर्ज की गई। दिन चढ़ने के साथ धूप तीखी होती गई और दोपहर तक गर्मी ने लोगों को परेशान कर दिया। मौसम विभाग के मुताबिक आज अधिकतम तापमान 34 से 35 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान करीब 20 डिग्री सेल्सियस रहने का अनुमान है। मौसम साफ बने रहने के कारण अगले कुछ दिनों में तापमान में और बढ़ोतरी होने की संभावना है। दिन में तेज धूप बनी रहेगी और गर्म हवाओं का असर भी बढ़ सकता है। फिलहाल बारिश के कोई संकेत नहीं हैं, जिससे गर्मी से राहत मिलने की उम्मीद कम है। दोपहर में असर ज्यादा, बाजारों में दिखा कम असर सुबह और शाम के समय हल्की राहत महसूस हो रही है, लेकिन दोपहर 12 बजे से 3 बजे के बीच गर्मी अपने चरम पर पहुंच जा रही है। तेज धूप के कारण लोग बाहर निकलने से बच रहे हैं, जिसका असर बाजारों और सड़कों पर भी दिखाई दे रहा है। भीड़ कम है और लोग जरूरी काम जल्दी निपटाकर घर लौट रहे हैं। स्वास्थ्य को लेकर बढ़ी चिंता डॉक्टरों का कहना है कि बढ़ती गर्मी के साथ शरीर में पानी की कमी, थकान और चक्कर आने जैसी समस्याएं बढ़ सकती हैं। ऐसे में बच्चों और बुजुर्गों को खास ध्यान रखने की जरूरत है। दोपहर में धूप से बचें, बाहर निकलते समय सिर ढकें, पर्याप्त पानी पिएं और हल्के व ढीले कपड़े पहनें। संभव हो तो जरूरी काम सुबह या शाम के समय ही करें, ताकि गर्मी से होने वाली परेशानी से बचा जा सके।
सीतापुर में एक सीनियर डॉक्टर ने अपनी लाइसेंसी रिवॉल्वर से गोली मारकर सुसाइड कर लिया। डॉक्टर ने रिवॉल्वर में एक ही गोली डाली और कनपटी पर लगाकर फायर कर दी। मौके पर डॉक्टर की मौत हो गई। घटना के वक्त घर में उनकी पत्नी और वो दोनों ही थे। उनकी पत्नी ग्राउंड फ्लोर पर थीं। जबकि डॉक्टर फर्स्ट फ्लोर पर अपने कमरे में थे। गोली चलने की आवाज सुनते ही उनकी पत्नी ऊपर गई। लेकिन तबतक उनकी मौत हो चुकी थी। वह अपने बेड पर औंधे मुंह गिरे पड़े थे। पत्नी ने पड़ोसियों चिल्लाकर बुलाया। लोग मौके पर पहुंचे और पुलिस को घटना की सूचना दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया। इसके साथ ही फॉरेंसिक टीम ने भी घटनास्थल का निरीक्षण कर साक्ष्य जुटाए। कमरे से डॉक्टर की लाइसेंसी रिवॉल्वर बरामद कर ली गई है, जिसे जांच के लिए भेजा गया है। पुलिस ने घटना के बारे में पत्नी से पूछताछ की। पति के मौत से उन्हें इतना सदमा लगा है कि वह कुछ भी नहीं बोल रही हैं। घटना शहर कोतवाली क्षेत्र के सिविल लाइन मोहल्ले में शुक्रवार दोपहर एक बजे की है। जानिए पूरा मामला… सिविल लाइन मोहल्ले के रहने वाले डॉ. राजेंद्र चौधरी (69) (BAMS) खैराबाद में अपना निजी क्लीनिक संचालित करते थे। डॉ. चौधरी अपनी पत्नी शक्ति चौधरी (65) के साथ घर में रहते थे। दोनों के दो बेटे हैं। दोनों ही बाहर रहते हैं। शुक्रवार दोपहर यानी आज दोनों घर पर ही थे। दोपहर में दोनों ने साथ में खाना खाया, फिर डॉ. चौधरी फर्स्ट फ्लोर पर बने अपने कमरे में चले गए। जबकि उनकी पत्नी शक्ति नीचे ही कुछ काम करने लगी। दोपहर करीब एक बजे डॉ. चौधरी के कमरे से गोली चलने की आवाज आई। जिसे सुनते ही उनकी पत्नी ऊपर गईं। वहां देखा कि डॉक्टर चौधरी अपने बेड पर औंधे मुंह गिरे पड़े थे, जबकि उनके कनपटी पर गोली लगी थी। उनकी पत्नी शक्ति यह देखते ही चीख पड़ी और पड़ोसियों को बुलाया। पड़ोसी उनके घर पहुंचे और घटना की जानकारी पुलिस को दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया। इसके साथ ही फॉरेंसिक टीम ने भी घटनास्थल का निरीक्षण कर साक्ष्य जुटाए। कमरे से डॉक्टर की लाइसेंसी रिवॉल्वर बरामद कर ली गई है, जिसे जांच के लिए भेजा गया है। सीओ सिटी विनायक भोसले ने बताया कि घटना के बारे में पत्नी से पूछताछ की। पति के मौत से उन्हें इतना सदमा लगा है कि वह कुछ भी नहीं बोल रही हैं। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच के बाद ही आत्महत्या के कारणों का खुलासा हो सकेगा। इनके बेटों को घटना के बारे में सूचना दे दी गई है। उनके आने का इंतजार किया जा रहा है। खबर लगातार अपडेट की जा रही है
जबलपुर में राम नवमी के अवसर पर सूपाताल गढ़ा स्थित बजरंग मठ में विशेष आयोजन किए गए। मंदिर परिसर में सुबह से ही भक्तों की भीड़ उमड़ पड़ी और पूरे दिन राम नाम की गूंज सुनाई दी। बजरंग मठ के सेवक भोलाराम खत्री ने बताया कि मंदिर में 16 अगस्त 1967 से अखंड रामचरित्र मानस का पाठ निरंतर जारी है। राम नवमी के दिन भी विशेष पूजा-अर्चना के साथ यह पाठ जारी रहा। भक्तों ने लगातार श्रीराम नाम का जप किया और रामधुन प्रस्तुत की। हनुमान जी के पाठ का भी नियमित आयोजन किया गया। दोपहर लगभग 12 बजे भगवान श्रीराम के जन्मोत्सव के अवसर पर विशेष पूजा-अर्चना की गई और महाआरती उतारी गई। इस दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित थे और उन्होंने 'जय श्रीराम' के जयकारों से परिसर को गुंजायमान कर दिया। विश्वनाथ पुरी महाराज के संरक्षण में दोपहर 12 बजे महाआरती का आयोजन किया गया। रामनवमी के अवसर पर रामचंद्र उत्सव भी मनाया गया। अष्टमी से प्रारंभ हुई 24 घंटे की रामधुन हनुमान जयंती के दूसरे दिन दोपहर 12 बजे तक जारी रहेगी। इस आयोजन ने श्रद्धालुओं को आध्यात्मिक ऊर्जा प्रदान की और पूरे क्षेत्र में भक्ति का संदेश प्रसारित किया।
कोरबा के कटघोरा वन मंडल के केंदई रेंज में मादा भालू और उसके दो शावकों की करंट लगने से मौत हो गई। इस मामले में रेंजर ने विभाग के अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई के आदेश दिए हैं। यह घटना 11 केवी बिजली का तार टूटने के कारण हुई, जो एक पेड़ की टहनी गिरने से हुआ था। यह घटना गुरुवार दोपहर को हुई, जब ग्राम सलाईगोट के ग्रामीण खेत की ओर जा रहे थे। उन्होंने टूटे हुए बिजली के तार और भालुओं के शव देखे। ग्रामीणों ने तुरंत वन विभाग को इसकी सूचना दी।ग्रामीणों ने बताया कि बिजली का तार टूटने से क्षेत्र में आपूर्ति बंद हो गई थी, लेकिन जंगल से गुजर रही 11 केवी की लाइन में करंट प्रवाहित हो रहा था। एक बड़ी टहनी तार पर गिरने से खंभे से अर्थिंग आ रही थी, जिससे तार में करंट बना हुआ था। विभाग पर लापरवाही का आरोप ग्रामीणों ने संबंधित विभाग पर लापरवाही का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि लंबे समय तक करंट प्रवाहित होने से ग्रामीणों को भी खतरा हो सकता था। वन विभाग ने इस मामले में जांच शुरू कर दी है। वन परिक्षेत्र अधिकारी निशांत कुमार ने बताया कि मामले की गंभीरता को देखते हुए संबंधित विभाग के अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई के आदेश जारी किए गए हैं। अधिकारियों पर कार्रवाई की मांग केंदई वन परिक्षेत्र (सामान्य) ने वन संरक्षण अधिनियम 1980 के तहत कार्रवाई का अनुरोध किया है। अधिनियम के उल्लंघन पर संबंधित पारेषण कंपनी के अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
अमेरिका-इजराइल और ईरान की जंग के बीच पंजाब में पेट्रोल-डीजल को लेकर हलचल मची हुई है। सोशल मीडिया पर पेट्रोल और डीजल की किल्लत को लेकर अफवाहें चल रही है। अफवाहों के कारण पेट्रोल पंपों पर लाइनें लग रही है। इसी वजह से लुधियाना में फिरोजपुर रोड पर एक पंप ड्राई हो गया है। हालांकि पंप के मैनेजर का कहना है कि शाम तक पेट्रोल की सप्लाई शुरू हो जाएगी। लुधियाना में भी लोग गाड़ियों में तेल भरवा रहे हैं। लुधियाना में अब सिर्फ गाड़ियों में तेल मिलेगा। कैनी वगैरह में पेट्रोल-डीजल देना बंद कर दिया गया है। उधर, प्रशासनिक अधिकारियों का कहना है कि तेल की कमी नहीं है। बातचीत करते हुए प्रीत पैलेस के सामने बने पेट्रोल पंप के मैनेजर शक्ति कपूर ने कहा कि देर रात करीब डेढ़ बजे तक लोगों का लाइनें लगी रही है। कुछ लोग बेवजह गाड़ियों में तेल इक्ट्ठा किए जा रहे है जबकि किल्लत जैसे कोई हालात नहीं है। थोड़ी बहुत यदि कोई दिक्कत आती है तो उसे हल कर लिया जाएगा। अभी तक हालात सामान्य है। केंद्र सरकार ने घटाई एक्साइज ड्यूटी शुक्रवार को केंद्र सरकार ने भी पेट्रोल-डीजल पर एक्साइज ड्यूटी 10-10 रुपए घटा दी। जिसके बाद पेट्रोल पर एक्साइज ड्यूटी 13 रुपए से घटकर 3 रुपए और डीजल पर 10 रुपए से घटकर जीरो हो गई है। हालांकि इससे रेट कम नहीं होंगे। सरकार ने इंटरनेशनल मार्केट में कच्चे तेल की कीमत बढ़ने के बाद तेल कंपनियों के रेट न बढ़ाने और उन्हें घाटे से बचाने के लिए यह कदम उठाया है। सरकार को लग रहा था कि इंटरनेशनल लेवल पर कीमतें बढ़ने के बाद तेल कंपनियां रेट बढ़ा सकती हैं, जिससे और पैनिक क्रिएट होगा।
अशोकनगर में शुक्रवार सुबह से पेट्रोल पंपों पर भारी भीड़ देखी जा रही है। लोग अफवाहों के चलते वाहनों में ईंधन भरवाने के साथ-साथ बड़ी टंकियों और छोटे केन में पेट्रोल-डीजल स्टॉक करने के लिए भी पहुंच रहे हैं। जिले के कुछ पेट्रोल पंपों पर केवल पेट्रोल दिया जा रहा है, जबकि कुछ स्थानों पर डीजल-पेट्रोल की बिक्री कमी बताकर फिल्हाल बंद कर दी गई है। कई जगह टोकन बांटकर क्रमबद्ध तरीके से ईंधन दिया जा रहा है, जिससे लोग अपनी बारी का इंतजार कर रहे हैं। यह स्थिति जिले में पेट्रोल-डीजल की कमी की अफवाहें फैलने के बाद बनी है। सुबह से ही इस तरह की खबरें सामने आते ही लोग पेट्रोल पंपों पर उमड़ पड़े, जिससे लंबी कतारें लग गईं। अशोकनगर जिला मुख्यालय से लगभग 10 किलोमीटर दूर स्थित कई पेट्रोल पंपों पर पिछले दो दिनों से अचानक भीड़ देखने को मिल रही है। किसान और आम नागरिक लंबी-लंबी लाइनों में खड़े होकर ईंधन भरवा रहे हैं। रात के समय भी कई स्थानों पर भीड़ रही। ‘जिले में ईंधन की कोई कमी नहीं’हालांकि, पेट्रोल पंप एसोसिएशन के अध्यक्ष अरूण दुबे ने स्पष्ट किया है कि जिले में ईंधन की कोई कमी नहीं है। पेट्रोल और डीजल की पर्याप्त आपूर्ति लगातार जारी है। उन्होंने बताया कि कुछ अफवाहों के कारण लोग आवश्यकता से अधिक ईंधन का स्टॉक कर रहे हैं, जिससे अनावश्यक भीड़ बढ़ रही है। एसोसिएशन के अनुसार, अशोकनगर जिले में 200 से अधिक पेट्रोल पंप संचालित हैं और सभी पर नियमित रूप से आपूर्ति जारी है। एसोसिएशन ने लोगों से अपील की कि वे अफवाहों पर ध्यान न दें और केवल अपनी जरूरत के अनुसार ही ईंधन खरीदें, ताकि सभी को सुचारू रूप से सुविधा मिल सके।
उज्जैन में चैत्र शुक्ल राम नवमी के अवसर पर आज शुक्रवार को भगवान श्री राम का जन्मोत्सव पूरे उल्लास और श्रद्धा के साथ मनाया गया। शहर के विभिन्न श्रीराम मंदिरों में सुबह से ही उत्सव का माहौल रहा और बड़ी संख्या में श्रद्धालु दर्शन-पूजन के लिए पहुंचे। पाटीदार समाज के हनुमानगढ़ी राम मंदिर में यज्ञ-हवन के बाद भगवान श्रीराम, जानकी, लक्ष्मण और हनुमान जी की आरती की गई। इसके पश्चात भंडारे का आयोजन हुआ, जिसमें बड़ी संख्या में भक्तों ने भाग लिया। हरसिद्धि मंदिर के पास स्थित 50 वर्ष पुराने श्रीराम जानकी मंदिर में भी सुबह से ही श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ी रही। मंदिर के पुजारी संतोष दास के अनुसार भगवान का पंचामृत अभिषेक कर आकर्षक श्रृंगार किया गया। सुबह 9 बजे यज्ञ अनुष्ठान आयोजित हुआ, जिसमें बड़ी संख्या में भक्त शामिल हुए। मंदिरों में अल सुबह आरती के बाद दोपहर 12 बजे शंखनाद के साथ जन्म आरती की गई और श्रद्धालुओं को पंजीरी का प्रसाद वितरित किया गया। रात 10 बजे शयन आरती के साथ दिनभर के आयोजन का समापन होगा। झांकियां और बैंड के साथ निकलेगा भव्य ध्वज चल समारोह रामनवमी पर्व पर प्रतिवर्ष की तरह इस वर्ष भी महाकाल इंटरनेशनल चौराहे से शाम 7 बजे ऐतिहासिक वीरभद्र ध्वज चल समारोह निकाला जाएगा। यह चल समारोह शहर के प्रमुख मार्गों से होता हुआ रात 9:30 बजे गोपाल मंदिर पहुंचेगा। चल समारोह में मध्यप्रदेश के विभिन्न जिलों से आए बैंड और आकर्षक झांकियां शामिल होंगी, जो इसकी भव्यता को और बढ़ाएंगी।
मथुरा के नौहझील क्षेत्र के गांव चांदपुर कलां का अग्निवीर लाल देश की रक्षा करते करते सीमपार हुई क्रॉस फायरिंग में शहीद हो गया। शहीद का शव सैन्य सम्मान के साथ शुक्रवार को उसके गांव पहुंचा। जहां अंतिम विदाई देने के लिए बड़ी संख्या में ग्रामीण उमड़ पड़े। इस दौरान हर किसी की आँखें नम थीं तो सीने में गर्व इस बात का कि क्षेत्र के लाल ने देश के लिए अपने प्राण न्यौछावर कर दिए। 2024 में हुए थे भर्ती नौहझील क्षेत्र के गांव चांदपुर कलां के रहने वाले 20 वर्ष के आदेश कुमार अग्निवीर योजना के तहत अक्टूबर 2024 में सेना में भर्ती हुए थे। गांव के लाडले आदेश कुमार सीमा पर देश की रक्षा करते हुए शहीद हो गए। मंगलवार देर रात करीब 3 बजे क्रॉस फायरिंग के दौरान गोली लगने से आदेश वीरगति को प्राप्त हो गए। आदेश के शहीद होने की जानकारी परिवार को मंगलवार दोपहर करीब 11 बजे हुई थी। क्षेत्र में फैला शोक आदेश कुमार के शहीद होने की जानकारी मिलते ही परिवार के साथ साथ आसपास के क्षेत्र में शोक फैल गया। शहीद के घर पर परिवार को सांत्वना देने वालों की भीड़ लगी रही। परिजन और क्षेत्रवासी एक तरफ जहां आदेश के जाने से दुखी हैं वहीं उनको गर्व है कि क्षेत्र के लाल ने देश की सीमा की रक्षा करते हुए अपने प्राण गंवाए। परिवार जुड़ा है देश सेवा से दो भाई और दो बहनों में सबसे छोटे थे आदेश कुमार। आदेश गुवाहाटी से करीब 500 किलोमीटर दूर दुर्गम बॉर्डर पर तैनात थे। जहां आक्सीजन की भी कमी है। विषम परिस्थितियों के बीच आदेश बहादुरी से डटे हुए थे। आदेश के पिता विजय कुमार आर्मी में हवलदार पद से रिटायर होने के बाद हरियाणा पुलिस में सेवा दे रहे हैं। बड़े भाई विशाल सेना में हैं। आदेश 3 महीने पहले ही छुट्टी खत्म कर वापस लौटे थे। भाई की शादी में आने की कही थी बात आदेश के भाई विशाल की 21 अप्रैल को शादी थी। परिवार तैयारी में लगा था,इसी बीच आदेश के शहीद होने की जानकारी ने सभी को झकझोर दिया। आदेश ने मां से कहा था कि वह भाई की शादी में खूब धूम मचाएगा। सोमवार को ही आदेश ने अपनी मां उर्मिला और पिता विजय से फोन पर बात की थी। भाई की शादी के लिए 13 अप्रैल को आदेश की छुट्टी मंजूर हो गई थी। श्रद्धांजलि देने वालों का लगा तांता आदेश कुमार का पार्थिव शरीर शुक्रवार को चांदपुर कलां पहुंचा। जहां श्रद्धांजलि देने वालों का तांता लग गया। पार्थिव शरीर के पहुंचते ही विधायक राजेश चौधरी,MLC योगेश नौहवार,पूर्व मंत्री श्याम सुंदर शर्मा के अलावा क्षेत्र के अन्य जन प्रतिनिधि और ग्रामीण गांव पहुंच गए। जहां सभी आदेश की देशभक्ति के जज्बे को सलाम करते हुए उनको नम आंखों से अंतिम विदाई दी। मुखाग्नि आदेश के चचेरे भाई पुष्पेंद्र और बड़े भाई विशाल ने दी।
चूरू में रामनवमी का पर्व श्रद्धा और उल्लास के साथ धूमधाम से मनाया गया। इस अवसर पर इंद्रमणि पार्क से संतों के सानिध्य में एक भव्य भगवा रैली निकाली गई। इसमें पूर्व नेता प्रतिपक्ष राजेंद्र राठौड़ और विधायक हरलाल सहारण सहित बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने भाग लिया। सांप्रदायिक सौहार्द की मिसाल पेश करते हुए मुस्लिम समाज के लोगों ने भी पुष्प वर्षा कर रैली का स्वागत किया और पानी पिलाकर भाईचारे का संदेश दिया। जय श्रीराम के जयकारे गूंजेभगवा शोभायात्रा इंद्रमणि पार्क से शुरू होकर रेलवे स्टेशन, नई सड़क, सुभाष चौक, सफेद घंटाघर और गढ़ चौराहा होते हुए श्रीराम मंदिर पहुंची, जहां इसका समापन हुआ। रैली में महिलाओं और युवतियों ने भी बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। पारंपरिक परिधानों में सजी महिलाएं और हाथों में भगवा ध्वज लिए युवतियां जय श्रीराम के जयघोष के साथ आगे बढ़ रही थीं। डीजे की धुन पर युवा और भक्ति गीतों पर महिलाएं थिरकती नजर आईं, जिससे पूरा माहौल भक्तिमय हो गया। व्यापारियों, सामाजिक संगठनों ने किया रैलीरैली में झांसी की रानी, छत्रपति शिवाजी महाराज और तात्या टोपे की आकर्षक झांकियों ने देशभक्ति का जोश जगाया। वहीं, राम दरबार की मनमोहक झांकी श्रद्धालुओं के आकर्षण का केंद्र रही। शहर में जगह-जगह व्यापारियों और सामाजिक संगठनों ने रैली का स्वागत किया। सांप्रदायिक सौहार्द की मिसाल पेश करते हुए मुस्लिम समाज के लोगों ने भी पुष्प वर्षा कर रैली का स्वागत किया और पानी पिलाकर भाईचारे का संदेश दिया। रामनवमी पर्व संस्कृति, आस्था और मर्यादा का प्रतीकपूर्व मंत्री राजेंद्र राठौड़ ने इस अवसर पर कहा कि रामनवमी केवल एक पर्व नहीं, बल्कि भारतीय संस्कृति, आस्था और मर्यादा का प्रतीक है। उन्होंने भगवान श्रीराम को मर्यादा पुरुषोत्तम बताया, जिनके आदर्शों पर चलकर समाज में सत्य, न्याय और धर्म की स्थापना की जा सकती है। राठौड़ ने यह भी उल्लेख किया कि देश के सबसे लोकप्रिय नेता ने लगभग 500 वर्षों के लंबे इंतजार और संघर्ष के बाद रामलला को उनके भव्य मंदिर में विराजमान करवाया, जिससे करोड़ों लोगों का सपना साकार हुआ। विधायक हरलाल सहारण ने कहा कि राम केवल एक आस्था नहीं, बल्कि राष्ट्र की आत्मा हैं, जो हमें एकता, भाईचारा और कर्तव्य का संदेश देते हैं। इस दौरान मेडिकल कॉलेज प्रिंसिपल डॉ. एमएम पुकार, भाजपा जिलाध्यक्ष बसंत शर्मा, बजरंग दल व विश्व हिंदू परिषद के पदाधिकारी और संत भी मौजूद रहे।
गोंडा में मौसम बदला:कई जगह आंधी के बाद हुई बारिश, मौसम विभाग ने अगले 24 घंटे के लिए अलर्ट जारी किया
गोंडा जिले में आज सुबह से मौसम का मिजाज बदल गया है। जिले के कई हिस्सों में हल्की हवाओं के साथ रुक-रुक कर बारिश हुई, जबकि गोंडा शहर समेत कुछ इलाकों में तेज हवाओं के साथ धूल भरी आंधी चली। मौसम विभाग ने अगले 24 घंटों के लिए अलर्ट जारी किया है। सुबह 11 बजे से ही मौसम में बदलाव देखा गया। कटरा बाजार और करनैलगंज जैसे क्षेत्रों में हल्की हवाओं के साथ रुक-रुक कर बारिश दर्ज की गई। वहीं, गोंडा शहर में दोपहर 12 बजे से धूल भरी आंधी चल रही है, जिससे लोगों को आवागमन में परेशानी का सामना करना पड़ा। इस बदले मौसम से एक ओर जहां लोगों को भीषण गर्मी से राहत मिली है। बारिश के बाद गर्मी से मिली राहत वहीं दूसरी ओर किसानों को अपनी फसलों की चिंता सता रही है। खेतों में मड़ाई के लिए काटकर सुखाई गई सरसों की फसल को नुकसान पहुंचने की आशंका है। गोंडा जिला आपदा विशेषज्ञ राजेश श्रीवास्तव ने बताया कि मौसम विभाग ने अगले 24 घंटे के लिए अलर्ट जारी किया है। उन्होंने लोगों को सचेत रहने के निर्देश दिए हैं। हल्की बूंदाबांदी और ग्रामीण क्षेत्रों में हुई बारिश से तापमान में गिरावट आई है, जिससे गर्मी से राहत मिली है। हालांकि, कई जगहों पर धूल भरी आंधी चलने के कारण लोगों को अभी भी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। आकाशीय बिजली गिरने को लेकर के भी लोगों को चेतावनी जारी करके विद्युत पोल से दूर रहने को लेकर के चेतावनी दी गई है। इसके साथ ही साथ सचेत एप के माध्यम से भी लोगों को जागरूक किया जा रहा है।
करनाल जिला के सदरपुर एरिया में मुंडोगढ़ी गांव के दो भाईयों के बीच हुए खूनी संघर्ष में दो लोगों की जान चली गई। पुलिस ने इस मामले में दोनों पक्षों की शिकायत पर करीब 44 आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज किया है। बता दे कि इल्ताफ की शिकायत पर 25 व अन्य और आलीशान की शिकायत पर 19 व अन्य के खिलाफ केस दर्ज किया गया है। बता दे कि पुलिस इन आरोपियों की गिरफ्तारी के प्रयास कर रही है। पुलिस की माने तो जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश किया जाएगा। पुलिस ने हमले में शामिल दोनों पक्षों के कुछ लोगों को डिटेन भी किया था। 26 मार्च को खेत में हुआ था विवाद गौरतलब है कि 26 मार्च की सुबह करीब 9 बजे जमीनी विवाद को लेकर दोनों पक्ष आमने-सामने आ गए थे। देखते ही देखते विवाद हिंसक हो गया। इस दौरान इल्ताफ पक्ष की सबीरा और आलीशान पक्ष के हाजी वाहिद की मौत हो गई थी। घटना के बाद गांव और अस्पताल में पुलिस बल तैनात कर दिया गया था। कब्जे की कोशिश में हमला मुंडोगढ़ी निवासी इल्ताफ ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि गांव सदरपुर में उसकी चाची सलमे पत्नी हासिम के नाम 4 एकड़ जमीन है, जिस पर उनका परिवार करीब 100 साल से खेती कर रहा है। 26 मार्च की सुबह वह सबीरा और अफसर के साथ खेत में पानी लगा रहा था। इल्ताफ के अनुसार इसी दौरान वाहीद, वाजिद, अलीसान, ग्यासु, मेहरबान, के साथ सोयब, फरमान, अरसद, खुर्सिद, तालिम, गयुर, दाउद, मेहताब, बुसी, मुर्शीद, सलमान, फुरकान, आरिफ, अमजद, जुलफान, साजिद, जुल्फिकार, जावल, अजमेर और मुजफ्फर सहित अन्य लोग 4 ट्रैक्टर लेकर खेत में पहुंचे और कब्जा करने की कोशिश करने लगे। हथियारों से फायरिंग और ट्रैक्टर से कुचलने का आरोप इल्ताफ ने बताया कि अरसद, मेहरबान, मेहताब, मुर्शलीन, खुर्शीद और अलीसान के पास हथियार थे और उन्होंने हवाई फायर किए। वाजिद ने सबीरा पर लाठी से वार किया और अलीसान ने ट्रैक्टर चढ़ा दिया, जिससे सबीरा गंभीर रूप से घायल हो गया। इस झगड़े में इल्ताफ, मेहताब, मेहरबान, सबीरा, मनव्वर, अफसर, अनवर, सदाम, कामिल, काला और सलमान घायल हुए। सभी को सीएचसी घरौंडा में भर्ती कराया गया, जहां से सबीरा और अफसर को करनाल रेफर किया गया। इलाज के दौरान सबीरा की मौत हो गई। पुलिस ने 25 आरोपियों पर दर्ज किया केस पुलिस ने इल्ताफ की शिकायत पर सभी नामजद आरोपियों के खिलाफ जमीन पर कब्जे की नियत से हमला, मारपीट, फायरिंग और ट्रैक्टर से कुचलकर हत्या करने के आरोप में मामला दर्ज किया है। आलीशान पक्ष का दावा: जमीन हमारी, हमला दूसरे पक्ष ने किया दूसरे पक्ष से मुंडोगढ़ी निवासी आलीशान पुत्र बाबु ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि उन्होंने 2 एकड़ जमीन गांव मुंडोगढ़ी में और 3 एकड़ जमीन सदरपुर में हासिम से खरीदी थी। इसके अलावा 2 एकड़ जमीन अर्जुन निवासी करनाल से ली थी, जिस पर उनका करीब 2 साल से कब्जा है। आलीशान के अनुसार 25 मार्च की शाम दोनों पक्षों के बीच पंचायत हुई थी, जिसमें तय हुआ था कि 26 मार्च को सुबह 10 बजे कागज लेकर फैसला किया जाएगा। सुबह ही खेत में पहुंचकर जोतने का आरोप आलीशान ने बताया कि 26 मार्च को सुबह साढ़े 8 बजे सुलेमान, शेरदीन, हरुण, इल्ताफ व मेहताब, काला, अस्लम, कामिल, अनवर, सदाम, मनवर, अफसर, सबीरा, मेहरबान, जुनेद व खालीद सुलेमान, फारुक, सरबर, सुफियान, शेरदीन ट्रैक्टर लेकर उनकी जमीन जोतने लगे। गोली चलाने और ट्रैक्टर से कुचलने का आरोप आलीशान के अनुसार जब वाहीद, तालिब, गयूर, मेहताब, दाउद और वाजिद मौके पर पहुंचे तो सुलेमान ने ट्रैक्टर चढ़ाने के लिए उकसाया। आरोप है कि इल्ताफ और मेहताब ने फायरिंग की। इसके बाद मनवर ने ट्रैक्टर से वाहीद को कुचल दिया। पहली बार बचने के बाद दोबारा ट्रैक्टर चढ़ाया गया, जिससे वाहीद गंभीर रूप से घायल हो गया। सभी घायलों को अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने वाहीद को मृत घोषित कर दिया। इन लोगों के खिलाफ दर्ज हुआ मामला पुलिस ने आलीशान की शिकायत पर सुलेमान, शेरदीन, हरुण, इल्ताफ, मेहताब, काला, अस्लम, कामिल, अनवर, सदाम, मनवर, अफसर, सबिरा, मेहरबान, जुनेद, खालीद, फारुक, शेरदीन, सरबर और सुफियान के खिलाफ मामला दर्ज किया है। गांव और अस्पताल में तैनात रही पुलिस घटना की सूचना मिलते ही घरौंडा पुलिस मौके पर पहुंची और हालात को काबू में किया। स्थिति तनावपूर्ण होने के चलते गांव और अस्पताल में पुलिस बल तैनात किया गया। कुछ लोगों को मौके से हिरासत में भी लिया गया था। आरोपियों की तलाश में पुलिस पुलिस का कहना है कि दोनों पक्षों के मामलों की जांच की जा रही है। नामजद आरोपियों की पहचान कर उनकी गिरफ्तारी के लिए दबिश दी जा रही है। अधिकारियों का दावा है कि जल्द ही सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
HDFC बैंक अधिकारी-कर्मचारी पर FIR दर्ज:1600 करोड़ के लेनदेन मामले में जानकारी न देने पर कार्रवाई
कानपुर नगर के चकेरी थाना क्षेत्र में HDFC बैंक के अधिकारी और कर्मचारियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई है। यह कार्रवाई जांच के दौरान मांगी गई बैंकिंग जानकारी उपलब्ध न कराने पर की गई है। मामला 1600 करोड़ रुपये के वित्तीय लेन-देन से जुड़ा है। उपनिरीक्षक कुलदीप ने गुरुवार रात यह प्राथमिकी दर्ज कराई। वे चकेरी में दर्ज मुकदमा संख्या 130/2026 की विवेचना कर रहे हैं। जांच के दौरान HDFC बैंक की लालबंगला शाखा से खातों और वित्तीय लेन-देन से संबंधित महत्वपूर्ण जानकारी मांगी गई थी। साइबर क्राइम थाने के माध्यम से 24 फरवरी 2026 से 24 मार्च 2026 के बीच बैंक को धारा 94 BNSS के तहत कई आधिकारिक ईमेल और अनुस्मारक भेजे गए थे। इनमें संबंधित खातों और लेन-देन से जुड़े आवश्यक दस्तावेज और सूचनाएं उपलब्ध कराने के स्पष्ट निर्देश थे। बैंक शाखा द्वारा जानकारी उपलब्ध न कराने से जांच प्रभावित हो रही है और वित्तीय लेन-देन की पड़ताल अटक गई है। जानिए पूरा मामला 16 फरवरी को चकेरी के श्यामनगर क्षेत्र में हुई लाखों की लूट से जुड़ा है। लूट के बाद वासिद और अरशद ने पुलिस को गुमराह किया था। एक वीडियो वायरल होने के बाद पुलिस ने तेजी से कार्रवाई करते हुए लुटेरों को जेल भेजा। इसी जांच के दौरान 1600 करोड़ रुपये के लेन-देन का मामला सामने आया। इस मामले में कई आरोपी अभी भी फरार हैं। पुलिस लगातार आरोपियों की पकड़ के लिए दबिश दे रही है। थाना प्रभारी अजय प्रकाश मिश्र ने बताया कि आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए चार टीमें लगाई गई हैं और जांच जारी है। कई बैंक राडार पर, अधिकारी भी शामिल जानकारी के अनुसार, आरोपी पप्पू और उसके गिरोह ने कानपुर के कई बैंकों से 1600 करोड़ रुपये का लेन-देन किया है। पुलिस कई कड़ियों पर जांच कर रही है और बड़ी कार्रवाई की तैयारी में है। वहीं प्राप्त जानकारी के अनुसार बैंकों के कई अधिकारी इस अपराध से जुड़े हुए हैं। हालांकि पुलिस कई कड़ियों में जांच कर रही है। वहीं, माना जा रहा है कि पुलिस बड़ी कार्रवाई करने की योजना बना रही है।
बलौदाबाजार के गिरौदपुरी धाम स्थित मंदिर परिसर में शुक्रवार सुबह भीषण आग लग गई। इस घटना में 12 से 15 दुकानें जलकर खाक हो गईं, जिससे लाखों रुपए का सामान नष्ट हो गया। आग लगने का कारण एक बंदर का ट्रांसफार्मर पर कूदना बताया जा रहा है। जानकारी के अनुसार, मंदिर परिसर में लगे ट्रांसफार्मर पर बंदर के कूदने से शॉर्ट सर्किट हुआ और आग लग गई। आग की चपेट में आने से बंदर की भी मौके पर ही मौत हो गई। ट्रांसफार्मर से लगी आग तेजी से फैलते हुए आसपास की दुकानों तक पहुंच गई। अधिकतर दुकानें कपड़े, साड़ी, लकड़ी और अन्य ज्वलनशील सामग्री से भरी होने के कारण आग ने कुछ ही मिनटों में विकराल रूप ले लिया। घटना की सूचना मिलते ही गिरौदपुरी चौकी प्रभारी अश्वनी पड़वार अपनी टीम के साथ तुरंत मौके पर पहुंचे। फायर ब्रिगेड ने कड़ी मशक्कत के बाद पाया काबू फायर ब्रिगेड की टीम और प्रशासनिक अधिकारी भी घटनास्थल पर पहुंचकर राहत-बचाव कार्य में जुट गए। फायर ब्रिगेड ने कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। हालांकि, तब तक दर्जनभर से अधिक दुकानें पूरी तरह जलकर राख हो चुकी थीं। मुआवजे की मांग इन दुकानों में कपड़े, साड़ी, पूजा सामग्री, किराना और अन्य व्यापारिक सामान नष्ट हो गया। प्रशासनिक अधिकारियों ने पीड़ित दुकानदारों का नुकसानी पंचनामा शुरू कर दिया है। फिलहाल, पुलिस और प्रशासन की टीम स्थिति पर नजर बनाए हुए है। मुआवजे को लेकर जिला प्रशासन से मांग उठने लगी है।
डम्फर ने बाइक को मारी टक्कर:सिवनी में 26 वर्षीय युवक की मौत, पुलिस जांच जारी
सिवनी जिले के लखनादौन थाना क्षेत्र में शुक्रवार सुबह एक सड़क हादसे में 26 वर्षीय युवक सत्यम गोल्हानी की मौत हो गई। यह घटना सिहोरा ग्राम के समीप करीब 11 बजे हुई, जब एक डम्फर ने उनकी बाइक को टक्कर मार दी। जानकारी के अनुसार, सत्यम गोल्हानी लखनादौन की ओर से सिहोरा ग्राम की तरफ आ रहे थे। सिहोरा ग्राम के पास सामने से आ रहे एक तेज रफ्तार डम्फर ने उनकी बाइक को टक्कर मार दी। इस टक्कर से सत्यम को गंभीर चोटें आईं और मौके पर ही उनकी मौत हो गई। हादसे के बाद मौके पर मौजूद प्रत्यक्षदर्शियों ने तत्काल पुलिस को सूचना दी। सूचना मिलते ही लखनादौन पुलिस घटनास्थल पर पहुंची। पुलिस ने मृतक के शव का पंचनामा तैयार कर पोस्टमार्टम के लिए सिविल अस्पताल लखनादौन भेजा। पुलिस ने दुर्घटनाग्रस्त डम्फर को जब्त कर लिया है और फरार चालक की तलाश कर रही है। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि डम्फर वाहन तेज गति से और लापरवाहीपूर्वक चलाया जा रहा था। टक्कर मारने के बाद चालक बिना रुके मौके से फरार हो गया, जिससे स्थानीय लोगों में आक्रोश भी देखा गया। लखनादौन थाना प्रभारी के.पी. धुर्वे ने घटना की पुष्टि करते हुए बताया कि डम्फर द्वारा बाइक को टक्कर मारने की सूचना मिली थी। पुलिस ने इस संबंध में मर्ग कायम कर जांच शुरू कर दी है। इस हादसे के बाद क्षेत्र में सड़क सुरक्षा को लेकर एक बार फिर चिंता बढ़ गई है। स्थानीय लोगों ने प्रशासन से तेज रफ्तार और लापरवाह वाहन चालकों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है, ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोका जा सके।
एमपी में ट्रैफिक नियम तोड़ने वालों पर कार्रवाई का तरीका पूरी तरह बदलता नजर आ रहा है। अब सड़कों पर खड़े पुलिसकर्मियों से ज्यादा कैमरे चालान काट रहे हैं। पिछले तीन साल में प्रदेश में करीब 32.5 लाख ई-चालान जारी हुए हैं और यह संख्या तेजी से बढ़ी है। मध्यप्रदेश समेत देशभर में ट्रैफिक नियमों के उल्लंघन पर अब ज्यादातर चालान ई-चालान सिस्टम के जरिए किए जा रहे हैं। यह पूरी तरह डिजिटल व्यवस्था है, जिसमें सड़क पर लगे कैमरे, सॉफ्टवेयर और सरकारी डाटाबेस मिलकर काम करते हैं। पहले जहां पुलिसकर्मी मौके पर रोककर चालान बनाते थे, अब वही काम ऑटोमेटेड सिस्टम कर रहा है। तीन सालों में 20% बढे़ ई-चालान लोकसभा में पेश किए गए आंकडे़ बताते हैं कि एमपी में ई-चालान का आंकड़ा तीन सालों में 20 फीसदी तक बढ़ा है। साल 2023 में मात्र 89,783 ई चालान हुए थे। 2024 में 13,43,771 ई-चालान हुए। वहीं पिछले साल 2025 में यह आंकड़ा बढ़कर 18,13,967 पर पहुंच गया है। तीन सालों में कुल 32,47,521 ई-चालान हुए हैं। हर साल घट रहा कागजी चालान का सिस्टम एमपी में पिछले तीन सालों में कागजी चालान के आंकडे़ देखें तो मेन्युअल चालानी कार्रवाई लगभग समाप्ति की ओर नजर आती है। 2023 में 2,983 मेन्युअल चालान हुए थे। वहीं 2024 में ये आंकड़ा घटकर 1,386 पर आ गया। पिछले साल 2025 में मात्र 1,417 कागजी चालान हुए हैं। ई-चालान में टॉप-10 राज्य (3 साल कुल अनुमानित) सड़कों पर लगे कैमरों से होते हैं ई-चालान सिस्टम की शुरुआत सड़कों और चौराहों पर लगे हाई-रिजॉल्यूशन सीसीटीवी और एएनपीआर (ऑटोमैटिक नंबर प्लेट रिकॉग्निशन) कैमरों से होती है। ये कैमरे 24 घंटे निगरानी करते हैं और जैसे ही कोई वाहन चालक रेड लाइट जंप करता है, ओवरस्पीड करता है या बिना हेलमेट/सीट बेल्ट के चलता है, कैमरा तुरंत उसकी फोटो या वीडियो रिकॉर्ड कर लेता है। इसके बाद सॉफ्टवेयर वाहन की नंबर प्लेट को पढ़ता है और उसे केंद्रीय डेटाबेस—वाहन और सारथी पोर्टल—से मैच करता है। इससे वाहन मालिक का नाम, पता और मोबाइल नंबर मिल जाता है। इसके बाद सिस्टम अपने आप नियम उल्लंघन के प्रकार के अनुसार चालान जनरेट करता है। यह पूरी प्रक्रिया बिना किसी मानवीय हस्तक्षेप के होती है। चालान बनने के बाद संबंधित वाहन मालिक को एसएमएस के जरिए सूचना मिलती है और वह ऑनलाइन पोर्टल पर जाकर चालान देख सकता है, भुगतान कर सकता है या जरूरत पड़ने पर उसे चुनौती भी दे सकता है। गलत चालान हुआ तो दर्ज करा सकते हैं आपत्ति मध्यप्रदेश में ई-चालान की संख्या तेजी से बढ़ने की बड़ी वजह यही है कि शहरों और हाईवे पर कैमरों का नेटवर्क मजबूत हुआ है और ट्रैफिक मॉनिटरिंग सिस्टम को तकनीकी रूप से अपग्रेड किया गया है। अब स्थिति यह है कि सड़क पर पुलिसकर्मी दिखे या न दिखे, नियम तोड़ने पर चालान कटना लगभग तय है। हालांकि, सरकार ने यह भी व्यवस्था दी है कि अगर किसी को लगता है कि उसका चालान गलत तरीके से काटा गया है, तो वह निर्धारित समय सीमा के भीतर ऑनलाइन आपत्ति दर्ज कर सकता है और अपने दस्तावेज पेश कर सकता है। जरूरत पड़ने पर कोर्ट में भी अपील का विकल्प मौजूद है। ये हैं उल्लंघन के मुख्य कारण रेड लाइट जंप करना, तय गति सीमा से ज्यादा स्पीड में वाहन चलाना, बिना हेलमेट दोपहिया चलाना, कार चलाते समय सीट बेल्ट न लगाना, नो-पार्किंग में वाहन खड़ा करना, गलत दिशा (रॉन्ग साइड) में ड्राइविंग करना, मोबाइल फोन पर बात करते हुए गाड़ी चलाना, ओवरलोडिंग या ट्रिपल राइडिंग करना, और वैध दस्तावेज (लाइसेंस, RC, इंश्योरेंस) न होना जैसे उल्लंघन प्रमुख कारण हैं। सरकार ने यह भी बताया है कि ई-चालान सिस्टम कैमरों और डिजिटल मॉनिटरिंग के जरिए इन नियम उल्लंघनों को रिकॉर्ड करता है और उसी आधार पर चालान जारी होता है।
अलवर मंडी में सरसों के भाव में पिछले 10 दिनों में करीब 750 रुपए की तेजी देखने को मिली है। 17 (मार्च) तारीख को जहां सरसों का भाव 6200 रुपए प्रति क्विंटल था, वहीं अब बढ़कर 6950 रुपए तक पहुंच गया है। दो दिन पहले तक भाव 6700 रुपए था, लेकिन शुक्रवार को अचानक तेजी दर्ज की गई। भाव बढ़ने के साथ ही मंडी में सरसों की बंपर आवक हो रही है। हर दिन करीब 20 हजार कट्टे सरसों के आ रहे हैं, जबकि पिछले एक महीने में 6 लाख कट्टों की आवक दर्ज की गई है। 6200 रुपए के भाव से सरसों की खरीद कर रही सरकार मंडी व्यापारी रामावतार गुप्ता ने बताया कि सरकार सरसों की खरीद 6200 रुपए के भाव से कर रही है, जो मंडी के मुकाबले कम है। इसी कारण किसान सीधे मंडी में सरसों बेचने पहुंच रहे हैं। वहीं गेहूं और चने की स्थिति इसके उलट है। गेहूं का सरकारी समर्थन मूल्य 2735 रुपए है, जबकि मंडी में इसका भाव 2325 रुपए है। इसी तरह चना सरकार 5875 रुपए में खरीद रही है, जबकि मंडी भाव 5300 रुपए है। सरकारी रेट ज्यादा होने के कारण किसान गेहूं और चना सीधे सरकार को बेच रहे हैं, जिससे मंडी में इन फसलों की आवक लगभग ठप हो गई है।
10 दिन में सरसों में 750 रूपये की तेजी:मंडी में गेहूं और चने की आवक ठप;किसान सरकार को बेच रहे
अलवर मंडी में सरसों के भाव में पिछले 10 दिनों में करीब 750 रुपये की तेजी देखने को मिली है। 17 तारीख को जहां सरसों का भाव 6200 रुपये प्रति क्विंटल था, वहीं अब बढ़कर 6950 रुपये तक पहुंच गया है। दो दिन पहले तक भाव 6700 रुपये था, लेकिन शुक्रवार को अचानक तेजी दर्ज की गई। भाव बढ़ने के साथ ही मंडी में सरसों की बंपर आवक हो रही है। हर दिन करीब 20 हजार कट्टे सरसों के आ रहे हैं, जबकि पिछले एक महीने में 6 लाख कट्टों की आवक दर्ज की गई है। मंडी व्यापारी रामावतार गुप्ता के अनुसार, सरकार सरसों की खरीद 6200 रुपये के भाव से कर रही है, जो मंडी के मुकाबले कम है। इसी कारण किसान सीधे मंडी में सरसों बेचने पहुंच रहे हैं। वहीं गेहूं और चने की स्थिति इसके उलट है। गेहूं का सरकारी समर्थन मूल्य 2735 रुपये है, जबकि मंडी में इसका भाव 2325 रुपये है। इसी तरह चना सरकार 5875 रुपये में खरीद रही है, जबकि मंडी भाव 5300 रुपये है। सरकारी रेट ज्यादा होने के कारण किसान गेहूं और चना सीधे सरकार को बेच रहे हैं, जिससे मंडी में इन फसलों की आवक लगभग ठप हो गई है।
सिद्धार्थनगर में 'रन फॉर एम्पावरमेंट' का आयोजन:महिला सुरक्षा और सशक्तिकरण के लिए किया गया प्रेरित
सिद्धार्थनगर में 27 मार्च को महिला सुरक्षा, सम्मान और सशक्तिकरण के लिए 'रन फॉर एम्पावरमेंट' का आयोजन किया गया। इस दौड़ में पुलिस विभाग, छात्र-छात्राओं, महिलाओं और आम नागरिकों ने बड़ी संख्या में भाग लिया। अपर पुलिस अधीक्षक प्रशांत कुमार प्रसाद ने हरी झंडी दिखाकर दौड़ का शुभारंभ किया। यह दौड़ थाना सिद्धार्थनगर परिसर से शुरू होकर पुलिस लाइन तक पहुंची, जहां समापन पर प्रतिभागियों को सम्मानित किया गया। महिलाओं को आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया गया कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य समाज में महिलाओं की सुरक्षा और सम्मान के प्रति जागरूकता बढ़ाना था। आयोजकों ने संदेश दिया कि महिलाओं के सुरक्षित और आत्मनिर्भर होने पर ही समाज सशक्त और प्रगतिशील बन सकता है। इस दौड़ के जरिए बालिकाओं और महिलाओं को निर्भीक होकर आगे बढ़ने, अपने अधिकारों को पहचानने और आत्मविश्वास बनाए रखने के लिए प्रेरित किया गया। दौड़ के दौरान और समापन स्थल पर अधिकारियों ने उपस्थित लोगों को महिला सुरक्षा से संबंधित कानूनों, हेल्पलाइन नंबरों और आत्मरक्षा के उपायों की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने लोगों से किसी भी आपात स्थिति में तत्काल पुलिस सहायता लेने और घटनाओं को छिपाने के बजाय खुलकर सामने आने का आग्रह किया, ताकि समय पर कार्रवाई की जा सके। बच्चों ने लिया भाग अपर पुलिस अधीक्षक प्रशांत कुमार प्रसाद ने इस अवसर पर कहा कि महिला सुरक्षा केवल पुलिस की जिम्मेदारी नहीं है, बल्कि इसमें समाज के हर व्यक्ति की भागीदारी आवश्यक है। उन्होंने सभी से अपील की कि वे महिलाओं के प्रति सम्मानजनक व्यवहार अपनाएं और किसी भी अपराध या उत्पीड़न की जानकारी तुरंत अधिकारियों को दें। इस कार्यक्रम में क्षेत्राधिकारी सदर विश्वजीत सौरयान (IPS) और प्रतिसार निरीक्षक बी.एन. गुप्ता भी उपस्थित रहे। जनपद की महिला पुलिसकर्मियों, पुलिस परिवार की महिलाओं, बच्चों और विभिन्न विद्यालयों के छात्र-छात्राओं ने भी इसमें उत्साहपूर्वक भाग लिया। महिला सुरक्षा के प्रति किया जागरुक दौड़ के समापन पर प्रतिभागियों को प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया। अधिकारियों ने इस अवसर पर सभी से यह भी अपील की कि वे अपने परिवार, मोहल्ले और समाज में महिला सुरक्षा और सम्मान के प्रति जागरूकता फैलाएं, ताकि एक सुरक्षित और बेहतर समाज का निर्माण किया जा सके। इस आयोजन ने न सिर्फ महिला सशक्तिकरण के संदेश को मजबूती दी, बल्कि समाज में सकारात्मक सोच और जिम्मेदारी की भावना को भी बढ़ावा देने का कार्य किया।
पार्षद पति पर दहेज और पत्नी को मारने की कोशिश:पीड़िता ने लगाए आरोप, FIR दर्ज, पुलिस जांच में जुटी
आगरा के हरीपर्वत थानाक्षेत्र में एक पार्षद पर अपनी पत्नी को दहेज के लिए मारने की कोशिश करने का आरोप लगा है। पीड़िता डिम्पी डागौर ने अपने पति रवि कुमार और सात अन्य लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराई है। डिम्पी का आरोप है कि उसकी शादी 4 नवंबर 2022 को रवि कुमार के साथ हुई थी। शादी में उसके माता-पिता ने 16 लाख रुपये का दहेज दिया था। लेकिन शादी के बाद रवि का व्यवहार बदल गया और उसने अतिरिक्त दहेज में 11 लाख रुपये की नकदी और कार की मांग शुरू कर दी। पीड़िता के पिता ने पति की मांगों से परेशान होकर घर बेचकर 5 लाख रुपये दिए, लेकिन ससुराल वालों का पेट नहीं भरा। पति के चुनाव जीतते ही संसुर, देवर और दोनों जेठानी ने मारपीट की। बाद में विषाक्त पदार्थ खिला दिया। पड़ोसियों ने इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया था। इसके अलावा, 20 फरवरी 2024 को जब पीड़िता लगभग डेढ़ महीने की गर्भवती थी तो ससुरालिजनों ने मारपीट कर गर्भपात की गोलियां खिला दीं। पुलिस ने पार्षद पति समेत आठ लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है। पुलिस आयुक्त के निर्देश पर यह कार्रवाई की गई है।
होटल कारोबार को पीएनजी राहत:ईंधन संकट के बीच होटलों को मिलेगी पीएनजी, खर्च घटेगा
शहर के होटल, लॉन और रेस्तरां संचालकों को ईंधन संकट के बीच राहत मिलेगी। एलपीजी की कमी और बढ़ती कीमतों से जूझ रहे कारोबारियों को अब जल्द पाइप्ड नेचुरल गैस (पीएनजी) की सुविधा मिलेगी। इससे उनकी संचालन लागत में कमी आएगी। इस संबंध में हिंदुस्तान पेट्रोलियम के अधिकारियों और हरदोई होटल, लॉन एवं रेस्तरां एसोसिएशन के पदाधिकारियों के बीच एक बैठक हुई। इसमें होटलों और रेस्तराओं तक पीएनजी पहुंचाने की विस्तृत कार्ययोजना तैयार की गई। शहर के प्रमुख प्रतिष्ठान—अवध रेस्तरां, पूजा होटल और नारायण धाम—के संचालकों ने मौके पर ही पीएनजी कनेक्शन के लिए आवेदन किया। कंपनी अधिकारियों ने बताया कि पाइप्ड प्राकृतिक गैस, एलपीजी सिलेंडर की तुलना में लगभग 40 रुपये प्रति किलो तक सस्ती होगी। इससे रसोई संचालन की लागत घटेगी और होटल व्यवसाय अधिक किफायती बनेगा। अधिकारियों के अनुसार, उच्च दबाव वाली गैस लाइन की आपूर्ति अगले माह से शुरू कर दी जाएगी। अन्य स्थानों पर अगले दो महीनों के भीतर कनेक्शन उपलब्ध कराने का लक्ष्य है। इस पहल से होटल उद्योग को आर्थिक लाभ मिलेगा। साथ ही, शहर में स्वच्छ एवं पर्यावरण अनुकूल ऊर्जा के उपयोग को भी बढ़ावा मिलेगा।
लखनऊ में शुक्रवार को जुमा की नमाज के बाद शिया मुसलमानों ने सऊदी अरब के शासन के खिलाफ विरोध प्रदर्शन किया। आसिफी मस्जिद में हुए इस प्रदर्शन में लोग सऊदी हुकूमत और आतंकवादी विरोधी तख्तियां लेकर पहुंचे। भारी संख्या में मौजूद लोगों ने सऊदी अरब की हुकूमत के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। प्रदर्शन कर रहे लोगों ने जन्नतुल बकी के पुनः निर्माण की मांग लिया। प्रदर्शन को देखते हुए बड़े इमामबाड़ा के बाहर बड़ी संख्या में पुलिस फोर्स तैनात की गई। जन्नतुल बकी के निर्माण के लिए हुआ प्रदर्शन दरअसल सऊदी अरब के शहर मदीना में स्थित जन्नतुल बकी नामक कब्रिस्तान है। वहां पर पैगंबर-ए- इस्लाम की बेटी हजरत फातिमा जेहरा की कब्र को सऊदी शासन द्वारा ध्वस्त कर दिया गया था। प्रदर्शनकारियों ने सऊदी अरब में तोड़े गए मजारों का पुनरनिर्माण करने की मांग की है। इस मांग के लिए शिया मुसलमान सऊदी हुकूमत के खिलाफ हर साल आज जिनके दिन प्रदर्शन करते हैं। सऊदी हुकूमत का जमकर विरोध शिया धर्मगुरु मौलाना कल्बे जवाद ने प्रदर्शन कर रहे शिया मुसलमानों को संबोधित किया। इस दौरान सऊदी हुकूमत मुर्दाबाद के नारे लगे। मौलाना कल्बे जवाद ने सऊदी शासन की कड़े शब्दों में निंदा की। उन्होंने कहा- जन्नतुल बकी शिया अकीदे के लिहाज से सबसे अहम कब्रिस्तान है। जब तक सऊदी अरब जन्नतुल बकी कब्रिस्तान में स्थित पैगमबर- ए-इस्लाम की सुपुत्री और उनके नातियों की कब्रों को फिर से निर्माण नहीं करवा देता। तब तक हम इसी तरह सऊदी शासन के खिलाफ हर साल प्रदर्शन करते रहेंगे।
सागर में इन दिनों दो तरह का मौसम है। कभी तल्ख धूप खिल रही है तो कभी आसमान में बादलों की आवाजाही देखने को मिल रही है। दिन इतने गर्म है कि पारा 37 डिग्री के पार पहुंच गया है। ये मौसम लोगों की सेहत भी बिगाड़ रहा है। अस्पतालों में सर्दी, जुकाम, एलर्जी के मरीज ज्यादा पहुंच रहे हैं। गर्मी का असर लगातार बढ़ रहा है। गुरुवार को अधिकतम तापमान 2 डिग्री बढ़कर 37.2 डिग्री पर पहुंच गया। जबकि न्यूनतम तापमान भी 1.6 डिग्री की बढ़ोतरी के साथ 22.6 डिग्री दर्ज किया गया। रात का तापमान 22 डिग्री के पार पहुंचने से लोगों को गर्मी का अहसास रात में भी होने लगा है। प्रदेश के सबसे अधिक न्यूनतम तापमान वाले टॉप पांच शहरों में सागर तीसरे स्थान पर रहा। शुक्रवार को सुबह से सागर का मौसम साफ रहा। तेज धूप खिली। सुबह 9 बजे से ही धूप में चुभन महसूस हुई। लेकिन दोपहर के समय जिले के आसमान में बादलों की आवाजाही रही। कभी धूप तो कभी छांव का दौर जारी रहा। फिलहाल जिले में मौसम शुष्क बना रहेगामौसम विभाग के अनुसार, फिलहाल जिले में मौसम शुष्क बना रहेगा। दिन में तेज धूप और शाम को हल्की हवा का असर बना रहेगा। वर्तमान में पश्चिमी विक्षोभ मध्य क्षोभमंडल में ट्रफ के रूप में सक्रिय है। जबकि दक्षिण-पूर्वी राजस्थान और पश्चिमी राजस्थान-मध्य पाकिस्तान क्षेत्र में ऊपरी वायु चक्रवाती परिसंचरण बने हुए हैं। मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार 28 मार्च से एक नया पश्चिमी विक्षोभ उत्तर-पश्चिम भारत को प्रभावित कर सकता है। जिससे आंशिक बादल और तापमान में हल्की गिरावट होने की संभवना है। अप्रैल और मई में तेज गर्मी का अनुमानमौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, अबकी बार अप्रैल और मई में हीट वेव यानी, लू चलेगी। 15 से 20 दिन तक लू चल सकती है, लेकिन मार्च में लू चलने का अलर्ट नहीं है। इस साल अप्रैल और मई में सबसे ज्यादा गर्मी पड़ने का अनुमान जताया है। तापमान 45 डिग्री के आसपास पहुंच सकता है।
गिरिडीह में कुएं में डूबने से पति-पत्नी की मौत हो गई। घटना गांडेय थाना क्षेत्र के गोविन्दपुरा गांव की है। कुएं से पानी निकालने के दौरान पत्नी कुएं में जा गिरी। उसे बचाने के लिए पति ने कुएं में छलांग लगा दी। इस घटना में दोनों की मौत हो गई। इस दर्दनाक हादसे के बाद पूरे गांव में शोक की लहर फैल गई है और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। मृतकों में राजेंद्र मुर्मू और उसकी पत्नी पार्वती देवी शामिल है। पार्वती देवी रोज की तरह घर के कामकाज में लगी हुई थीं। इसी क्रम में वह कुएं से पानी निकालने पहुंचीं। पानी खींचने के दौरान अचानक पार्वती का संतुलन बिगड़ गया और वह सीधे कुएं में जा गिरीं। महिला के कुएं में गिरते ही आसपास मौजूद लोगों के बीच अफरातफरी मच गई। पत्नी को कुएं में गिरता देख पति राजेंद्र मुर्मू ने बिना समय गंवाए उसे बचाने के लिए तुरंत कुएं में छलांग लगा दी। कुआं काफी गहरा था और उसमें पानी का स्तर भी अधिक था, जिसके कारण दोनों ही खुद को संभाल नहीं सके और डूबने लगे। आसपास के लोग जब तक कोई ठोस प्रयास कर पाते, तब तक काफी देर हो चुकी थी। दोनों की मौत हो गई। घटना की सूचना मिलते ही गांडेय थाना पुलिस मौके पर पहुंची और स्थानीय ग्रामीणों की मदद से कड़ी मशक्कत के बाद दोनों के शव को कुएं से बाहर निकाला गया। पुलिस ने दोनों शवों को अपने कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम के लिए सदर अस्पताल भेज दिया है।
कानपुर में चैत्र नवरात्रि के अंतिम दिन रामनवमी पर देवी मंदिरों में आस्था का सैलाब उमड़ पड़ा। तपेश्वरी मंदिर में सुबह 4 बजे से ही भक्त दर्शन के लिए कतार में लग गए। मंदिर में विशेष हवन का आयोजन हुआ। वहीं श्रद्धालु मन्नत के तहत जलाए गए अखंड दीपों का विधिवत पूजन कर रहे हैं। मान्यता है कि पहले दिन जलाया गया घी का दीप नौ दिन तक लगातार जलता है और नवमी के दिन पूजा के साथ इसका समापन होता है। नवमी के मौके पर शहर भर में कन्याभोज का आयोजन हुआ। लोगों ने कन्याओं के पैर धोकर, तिलक लगाकर पूड़ी-हलवा और दही-जलेबी का प्रसाद खिलाया और आशीर्वाद लिया। तपेश्वरी मंदिर के साथ ही बारादेवी, आशादेवी, बुद्धादेवी समेत अन्य देवी मंदिरों में भी भक्तों की लंबी कतारें देखने को मिलीं। पूरे शहर में भक्ति और उत्साह का माहौल बना रहा।
कानपुर में नवरात्रि के अंतिम दिन देवी मंदिरों में भक्तों की भीड़ उमड़ पड़ी। तपेश्वरी मंदिर में अंतिम दिन लोग मन्नत के जलाए गए दीपक के लिए विशेष पूजन कर रहे हैं। भक्त लाइन लगाकर दर्शन कर रहे हैं, नारियल चढ़ाकर अंतिम दिन कन्याभोज भी कर रहे हैं।शहर के तपेश्वरी मंदिर में सुबह 4 बजे से भक्त मंदिर में दर्शन के लिए लाइन में लग गए। चैत्र नवरात्रि के अंतिम दिन रामनवमी मनाई जाती है, इसलिए मंदिर में विशेष हवन भी किया जाता है। इस दिन होने वाला हवन और कन्याभोज का विशेष महत्व माना जाता है। मंदिर से लेकर घरों में लोगों ने कन्याभोज का आयोजन किया। इसमें कन्याओं के पैर धोकर, उन्हें टीका लगाकर दही-जलेबी या पूड़ी-हलवा खिलाया जाता है। इसके बाद नन्ही कन्याओं से आशीर्वाद लिया जाता है। शहर के तपेश्वरी मंदिर में विशेष मान्यता है कि नवरात्रि के पहले दिन से यहां कटोरे में घी भरकर दीप जलाया जाता है। ये दीपक नौ दिनों तक लगातार जलते रहते हैं। इसके लिए भक्त मंदिर प्रशासन को घी देकर मन्नत मांगते हुए दीप जलवाते हैं। आखिरी नवरात्रि यानी नवमी के दिन पूजन कर इसका समापन किया जाता है। इसी तरह से शहर के दुर्गा मन्दिर, बारादेवी मन्दिर, आशादेवी मन्दिर और बुद्धादेवी मन्दिर में भी भक्तों की लाइन दिखाई दे रही है। आज अंतिन दिन मन्दि्रों में भक्त कन्याृभोज कर रहे है।
नीमच में चैत्र नवरात्रि की महाअष्टमी पर आरोग्य तीर्थ भादवामाता मंदिर श्रद्धालुओं से गुलजार रहा। मालवा और मेवाड़ क्षेत्र से आए लगभग 50 हजार भक्त नंगे पांव या वाहनों से मंदिर पहुंचे और माता भादवा के दरबार में मत्था टेका। श्रद्धालुओं ने सुख-समृद्धि और निरोगी जीवन की कामना की। मंदिर परिसर में लंबी कतारें और व्यवस्थित दर्शनभोर से ही दर्शन के लिए मंदिर परिसर में लंबी कतारें लगीं। प्रशासन ने इन्हें व्यवस्थित करने के लिए विशेष कॉरिडोर बनाए। नीमच-मनासा मार्ग पर देर रात तक भक्ति का माहौल बना रहा और जयकारों की गूंज सुनाई दी। कुछ श्रद्धालुओं ने चुनर यात्रा भी निकाली। सेवा और भोजन की व्यापक व्यवस्थाश्रद्धालुओं की सुविधा के लिए मार्ग में 60 से अधिक सेवा स्टॉल लगाए गए। सामाजिक संस्थाओं ने स्वल्पाहार और शीतल जल का वितरण किया। अन्नपूर्णा सेवा न्यास ने पूड़ी-सब्जी परोसकर भोजन कराया, जबकि नगरपालिका कर्मचारी संघ ने जेतपुरा फंटे पर आइसक्रीम बांटी। जिला कांग्रेस अध्यक्ष तरुण बाहेती के नेतृत्व में गिरदौड़ा मार्ग पर देर रात तक साबूदाना खिचड़ी और फलाहार वितरण किया गया। सुरक्षा व व्यवस्थाओं पर कड़ी निगरानीकलेक्टर हिमांशु चंद्रा और एसपी अंकित जायसवाल ने पूरे मेला क्षेत्र का निरीक्षण किया। सीसीटीवी कैमरों से निगरानी रखी गई और प्रमुख सुरक्षा बिंदुओं पर पुलिस बल ने यातायात और पार्किंग व्यवस्था को सुचारु बनाए रखा। भव्य महाअष्टमी हवन और महाआरतीमहाअष्टमी का मुख्य आकर्षण भव्य हवन था, जो गुरुवार रात 10:30 बजे विद्वान पंडितों के मंत्रोच्चार के साथ शुरू हुआ। ग्राम पटेल द्वारा विशेष पूजा-अर्चना के बाद यह अनुष्ठान पूरी रात चलता रहा और शुक्रवार तड़के 4 बजे ब्रह्म मुहूर्त में पूर्ण हुआ। इसके बाद महाआरती और महाप्रसादी का आयोजन किया गया। जनप्रतिनिधि और अधिकारी भी रहे मौजूदइस पावन अवसर पर क्षेत्रीय विधायक दिलीपसिंह परिहार, एसडीएम संजीव साहू, सरपंच मिठूबाई, नवलकृष्ण सुरावत, प्रबंधक अजय ऐरन, मनीष दुबे और सचिव महेंद्र गुर्जर सहित कई जनप्रतिनिधि और प्रशासनिक अधिकारी उपस्थित रहे।
सलूंबर में खेत में लगी आग:15 बोरी गेहूं जला, दमकल ने पाया काबू
सलूंबर के बनोड़ा गांव में शुक्रवार को एक खेत में अचानक आग लग गई। घटना में किसान कन्हैयालाल मेघवाल की लगभग 12 से 15 बोरी गेहूं की तैयार फसल जलकर राख हो गई। ग्रामीणों ने बताया कि किसान कन्हैयालाल मेघवाल ने अपनी गेहूं की फसल काटकर खलिहान में जमा कर रखी थी। फसल की थ्रेसिंग की तैयारी चल रही थी, तभी गेहूं की पुलियों के ढेर में अचानक आग लग गई। सूखी फसल होने के कारण आग तेजी से फैल गई। दमकल ने पाया काबू आग लगने की सूचना मिलते ही ग्रामीणों ने अपने स्तर पर आग बुझाने का प्रयास किया, लेकिन तेज लपटों के कारण आग पर काबू पाना मुश्किल हो रहा था। इसके बाद सलूम्बर नगर परिषद की दमकल टीम को सूचना दी गई, जो तुरंत मौके पर पहुंची। समाजसेवी विरेंद्र सिंह बोरज द्वारा समय रहते अग्निशमन विभाग को सूचना दी गई। दमकल विभाग के लीडिंग फायरमैन देवेंद्र सिंह राठौड़ और चालक शंकरलाल ने मौके पर पहुंचकर कड़ी मेहनत के बाद आग पर नियंत्रण पाया। उनकी तत्परता से आग को आसपास के खेतों और अन्य खलिहानों तक फैलने से रोका जा सका, जिससे एक बड़ा हादसा टल गया।
बरेली के प्रदर्शनी नगर स्थित पासपोर्ट कार्यालय में उस वक्त अफरा-तफरी मच गई, जब संस्थान को बम से उड़ाने की धमकी मिली। यह धमकी शुक्रवार सुबह करीब 11:15 बजे कार्यालय के आधिकारिक ईमेल आईडी पर एक मेल के जरिए दी गई। ईमेल देखते ही पासपोर्ट अधिकारियों के होश उड़ गए और तत्काल इसकी सूचना पुलिस प्रशासन को दी गई। सूचना मिलते ही पुलिस के आलाधिकारी भारी फोर्स के साथ मौके पर पहुंच गए। सुरक्षा की दृष्टि से पूरे कार्यालय परिसर को खाली करा लिया गया है। मौके पर डॉग स्क्वायड और बम निरोधक दस्ते (BDS) को बुलाया गया है, जो बिल्डिंग के कोने-कोने की सघन चेकिंग कर रहे हैं। अचानक हुई इस कार्रवाई और पुलिस की घेराबंदी से पासपोर्ट बनवाने आए आवेदकों और वहां काम करने वाले कर्मचारियों में दहशत का माहौल है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि ईमेल के सोर्स की जांच की जा रही है और सुरक्षा मानकों के तहत पूरी सावधानी बरती जा रही है। फिलहाल चेकिंग जारी है और अभी तक कोई संदिग्ध वस्तु बरामद नहीं हुई है।
ब्रेस्ट कैंसर जैसी गंभीर बीमारी से लड़ाई में अब एक बड़ी उम्मीद सामने आई है। IIT Kanpur के स्टार्टअप ‘डिजीरक्षक’ ने ‘ब्रेक्सवेल’ नाम की पोर्टेबल डिवाइस तैयार की है, जो महज 10-15 मिनट में यह बता देती है कि महिला हाई रिस्क में है या लो रिस्क में। यह डिवाइस मेटल डिटेक्टर जैसी दिखती है और पूरी तरह नॉन-इनवेसिव व रेडिएशन फ्री तकनीक पर आधारित है। यानी जांच के दौरान न कोई दर्द, न खून का सैंपल और न ही शरीर पर कोई दुष्प्रभाव। 90% सेंसिटिविटी, मोबाइल पर तुरंत रिपोर्टस्टार्टअप की संस्थापक डॉ. दीपिका सिंह के मुताबिक, इस डिवाइस का ट्रायल प्रयागराज के मोतीलाल नेहरू अस्पताल में 150 मरीजों पर किया जा चुका है, जिसमें 90% सेंसिटिविटी और करीब 85% एक्यूरेसी सामने आई। डिवाइस को स्मार्टफोन से कनेक्ट कर जांच शुरू करते ही 10-15 मिनट में पूरी रिपोर्ट मोबाइल स्क्रीन पर मिल जाती है। एआई आधारित यह तकनीक मानवीय गलती की संभावना को भी कम करती है। गांव-कस्बों के लिए गेम चेंजर, 24 घंटे तक काम करने की क्षमता‘मेड इन इंडिया’ यह डिवाइस खास तौर पर ग्रामीण और दूरदराज इलाकों के लिए वरदान साबित हो सकती है। प्राथमिक और सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों पर इसे आसानी से इस्तेमाल किया जा सकेगा। एक बार चार्ज होने पर 24 घंटे तक चलने वाली यह मशीन उन जगहों पर भी काम करेगी, जहां बिजली की समस्या रहती है। विशेषज्ञों का मानना है कि ब्रेस्ट कैंसर में समय रहते पहचान ही सबसे बड़ा हथियार है और यह डिवाइस इस दिशा में मील का पत्थर साबित हो सकती है।
कौशांबी में महिला की इलाज के दौरान मौत:परिजनों ने गलत ऑपेरशन का लगाया आरोप, नर्सिंग होम सील
कौशांबी में एक महिला की प्रयागराज में इलाज के दौरान मौत हो गई। परिजनों ने अस्पताल पर गलत ऑपरेशन और इलाज का आरोप लगाते हुए हंगामा किया। महिला का इलजा करीब 20 दिन से जारी था। परिजनों के हंगामे के बाद स्वास्थ्य विभाग की टीम ने संबंधित नर्सिंग होम को सील कर दिया। पुलिस ने महिला के शव को कब्जे में लेकर जांच श झाड़ियां का पूरा निवासी सरिता देवी (30) का प्रयागराज के नर्सिंग होम में इलाज चल रहा था। तबियत बिगड़ने के बाद उन्हें 6 मार्च को नर्सिंग होम में भर्ती कराया गया था। ऑपरेशन के बाद 12 मार्च को स्वस्थ होने का दावा करते हुए उन्हें घर भेज दिया गया था। हालांकि, 15 और 16 मार्च को दवा लेने के बावजूद उनकी परेशानी बनी रही। 18 मार्च को उन्हें दोबारा नर्सिंग होम ले जाया गया, लेकिन उनकी हालत में सुधार नहीं हुआ। इसके बाद उन्हें सराय अकिल के एक निजी अस्पताल ले जाया गया, जहां से उन्हें रेफर कर दिया गया। अंततः उन्हें प्रयागराज के करेली स्थित निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां शुक्रवार सुबह उनकी मौत हो गई। इस घटना से नाराज परिजनों ने शव को लेकर नर्सिंग होम के सामने हाईवे पर प्रदर्शन किया। सूचना मिलने पर कौशांबी थाना इंस्पेक्टर कृष्ण कुमार यादव पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। उन्होंने परिजनों को समझा-बुझाकर आवश्यक कानूनी कार्रवाई का आश्वासन दिया, जिसके बाद प्रदर्शन समाप्त हुआ। सरिता देवी अपने पीछे तीन छोटे बच्चे छोड़ गई हैं, जिनमें दो लड़के और एक लड़की शामिल हैं। अस्पताल के डॉ. संकल्प गुप्ता ने बताया कि मरीज को 12 मार्च को स्वस्थ होने के बाद डिस्चार्ज किया गया था। जब उन्हें दोबारा तकलीफ हुई, तो उन्हें बुलाया गया था, लेकिन परिजन उन्हें दूसरे अस्पताल ले गए। इस मामले में सी.एच.सी. अधीक्षक डॉ. मुक्तेश द्विवेदी ने जानकारी दी कि उच्च अधिकारियों के आदेश पर तीन सदस्यीय टीम का गठन किया गया है। टीम ने मौके पर पहुंचकर अस्पताल को सील कर दिया है। आगे की जांच कर आवश्यक कानूनी कार्रवाई की जाएगी। खबर अपडेट की जा रही है….
भोपाल के भानपुर इलाके में रहने वाले मेल नर्स ने एनेस्थीसिया का इंजेक्शन लेकर सुसाइड कर लिया। शुक्रवार सुबह भाई ने देखने के बाद उसे अस्पताल पहुंचाया, जहां डॉक्टरों ने चेक करने के बाद युवक को मृत घोषित कर दिया। सुसाइड नोट नहीं मिलने से खुदकुशी के सही कारण का खुलासा नहीं हो सका है। पुलिस ने मर्ग कायम कर जांच शुरू कर दी है। शुक्रवार दोपहर को पीएम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया है। भाई के उठाने पर नहीं उठा 26 वर्षीय दुर्गेश अहिरवार पिता मोर सिंह अहिरवार मूल रूप से कुरवाई जिला विदिशा का रहने वाला था। फिलहाल भोपाल में रहकर प्राइवेट कॉलेज से बी फार्मेसी लास्ट ईयर की पढ़ाई कर रहा था। इसी के साथ एक प्राइवेट नर्सिंग होम में नर्सिंग जॉब भी करता था। शुक्रवार सुबह मृतक का बड़ा भाई परीक्षा देने के लिए घर से निकल रहा था। तभी उसने छोटे भाई को उठाना चाहा। कई बार आवाज देने पर भी उसके शरीर में किसी प्रकार की कोई हलचल नहीं हुई। आनन फानन में भाई उसे लेकर पास के एक अस्पताल में पहुंचा। जहां डॉक्टरों ने चेक करने के बाद उसे मृत घोषित कर दिया। छोला थाने के सी जी एस सेंगर ने बताया कि मृतक के पास से कोई सुसाइड नोट नहीं मिला है। उसके मोबाइल फोन को कब्जे में ले लिया है, जिसकी जांच कराई जाएगी। एनेस्थीसिया का ओवरडोज लेकर सुसाइड पुलिस को मृतक के कमरे से एक इंजेक्शन और सिरिंज मिला है। जिसे जप्त कर लिया गया है। दुर्गेश ने एनेस्थीसिया का ओवरडोज लेकर आत्महत्या की है। उसने यह कदम क्यों उठाया इस बात का खुलासा नहीं हो सका है। पिछले 6 सालों से भोपाल में रहकर दुर्गेश पढ़ाई कर रहा था। दुर्गेश तीन भाइयों में सबसे छोटा था। परिजन बोले कभी किसी तनाव का जिक्र नहीं किया मृतक पटेल नगर स्थित भानपुर में किराए के कमरे में रहता था। ठीक पड़ोस वाले कमरे में बहन और बहनोई रहते थे। घटना के समय बहन और बहनोई घर में मौजूद नहीं थे। परिजनों ने पुलिस को दिए बयानों में बताया कि सुसाइड से पहले दुर्गेश ने कभी किसी परेशानी और तनाव का जिक्र नहीं किया। हालांकि पुलिस प्रेम प्रसंग सहित कार्य स्थल एवं कॉलेज में प्रताड़ना के एंगल पर जांच कर रही है।
सक्ती में सड़क हादसे में युवक की मौत:तेज रफ्तार बाइक अनियंत्रित होने से हादसा, ससुराल जा रहा था
सक्ती जिले में गुरुवार रात सड़क हादसे में बाइक सवार युवक की मौत हो गई। यह घटना हसौद थाना क्षेत्र के झरप मोड़ के पास हुई। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, तेज रफ्तार और घुमावदार सड़क को हादसे की मुख्य वजह माना जा रहा है। जानकारी के मुताबिक, छपोरा निवासी धनंजय सिदार अपने घर से ससुराल जा रहा था। झरप मोड़ के पास पहुंचते ही उसकी बाइक अनियंत्रित हो गई और वह सड़क किनारे जा गिरा। इस हादसे में धनंजय की मौके पर ही मौत हो गई। जिस स्थान पर यह हादसा हुआ, वह क्षेत्र काफी घुमावदार है और तेज गति से वाहन चलाने पर यहां अक्सर दुर्घटनाएं होती हैं। घटना के समय आसपास के लोगों ने युवक को खेत के पास गंभीर चोटों के साथ पड़ा देखा। उसके सिर और चेहरे पर गहरी चोटें थीं। पुलिस ने शव को पीएम के लिए भेजा इसके बाद तत्काल पुलिस को सूचना दी गई। सूचना मिलते ही हसौद थाना प्रभारी राजेश पटेल अपनी टीम के साथ मौके पर पहुंचे और जांच शुरू की। पुलिस ने पंचनामा कार्रवाई पूरी कर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। पुलिस बोली- हर पहलू से जांच जारी प्रारंभिक जांच में यह मामला सड़क दुर्घटना का प्रतीत हो रहा है। हालांकि, मौत के वास्तविक कारणों का खुलासा पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही हो सकेगा। पुलिस फिलहाल आसपास के लोगों से पूछताछ कर रही है और मामले की हर पहलू से जांच जारी है।
फरीदाबाद के सेक्टर 88 स्थित Vayu Club में गाना चेंज कराने को लेकर हुए विवाद ने हिंसक रूप धारण कर लिया। क्लब में जन्मदिन की पार्टी करने आये एक बिल्डर और उसकी बेटियों के साथ जमकर मारपीट की गई। बीपीटीपी थाना पुलिस को मामले की शिकायत दी गई है पुलिस मामले की जांच कर रही है। जन्मदिन की पार्टी करने गये थे क्लब सेक्टर 21 के रहने वाले रमन ग्रोवर ने जानकारी देते हुए बताया कि, वह गुडगांव में बिल्डर का काम करते है। 26 मार्च की रात को करीब 10 बजे वह अपनी बेटी का जन्मदिन मनाने के लिए सेक्टर 88 के Vayu Club गये थे। उनकी बेटी के साथ उसके भाई सहित 6 दोस्त थे। जिनमें 4 लड़किया और 2 लड़के थे। रात को 12 बजे के करीब वह वापस घर आ गये। लेकिन बच्चे क्लब में ही पार्टी कर रहे थे। उनकी बेटी ने डीजे से गाना चेंज करने के लिए कहा, इसको लेकर लेकर वहीं मौजूद एक सिम्मी अरोडा नामक की लड़की ने उसकी बेटी के साथ झगड़ा करना शुरू कर दिया। इसके बाद उसकी बेटी को थप्पड़ मार दिया। बेटी के बुलाने पर क्लब पहुंचा रमन ग्रोवर ने जानकारी देते हुए बताया कि बेटी की कॉल आते ही वह वापस क्लब पहुंचे। जहां पर वह सभी बच्चों को लेकर क्लब के नीचे आ गये। इसी दौरान उन पर दर्जन भर युवकों और क्लब के गार्डों ने हमला कर दिया। इससे पहले लिफ्ट में उनके और बच्चों के साथ मारपीट की गई। कान में पहना हुआ हीरा छीना रमन के मुताबिक आरोपियों ने मारपीट के दौरान कान में पहली हुई बाली में डाला हुआ डायमंड भी छिन लिया। उन्होंने इसकी कीमत साढ़े 10 लाख रूपये के करीब बताई है। रमन ने बताया कि वह जैसे तैसे बच्चों को लेकर वहां से निकले और सभी को उनके घर छोड़ा। जिसके बाद वह वापस पुलिस के साथ माके पर पहुंचे। कनाड़ा में फाइनें की पढ़ाई कर रही बेटी रमन ने बताया कि उसकी बेटी कनाडा में फाइनेंस में ग्रेजुऐशन कर रही है। 15 फरवरी को दादी की मौत के बाद उसको कनाडा से बुलाया था। वह 28 मार्च को कनाडा वापस जाने वाली थी। इससे पहले बेटी का जन्मदिन मनाने के लिए क्लब जाने का प्लान बनाया था। क्लब मालिक पर आरोप लगाया रमन ग्रोवर ने कहा कि मारपीट के समय क्लब को चलाने वाला रिषिन चितकारा भी वही पर मौजूद था। लेकिन किसी ने भी उनके बच्चों को बचाने की कोशिश नही की। पुलिस कर रही है मामले की जांच बीपीटीपी थाना प्रभारी अरविन्द ने बताया कि , पीडित के द्वारा मामले की शिकायत दी गई है। पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है। क्लब में लगे सीसटीवी कैमरों की फूटेज को चैक किया जा रहा है।
कोरबा के घंटाघर में गढ़कलेवा चौपाटी से गैस सिलेंडर चोरी की घटना से व्यापारी चिंतित हैं। गुरुवार-शुक्रवार की रात अज्ञात चोरों ने दो फास्टफूड की दुकानों से गैस सिलेंडर चुरा लिए। खास बात यह है कि चोरों ने दुकानों में रखे पैसे और बाकि सामान को हाथ तक नहीं लगाया। घटना का पता शुक्रवार सुबह दुकान खोलने पर चला। इस संबंध में सिविल लाइन थाना पुलिस में शिकायत दर्ज कराई गई है। सिलेंडर ब्लैक मार्केट में ऊंचे दामों पर बिक रहे चौपाटी संघ के अध्यक्ष रवि वर्मा ने बताया कि चौपाटी में 60 से अधिक दुकानें हैं, जिनसे कई परिवारों का गुजारा चलता है।और 2 दुकानों से चोरों ने सिर्फ सिलेंडर ही चुराए हैं। वर्मा ने मौजूदा गैस सिलेंडर संकट पर चिंता व्यक्त की। उन्होंने कहा कि सिलेंडर आसानी से उपलब्ध नहीं हो रहे हैं, और यदि मिल भी रहे हैं तो वे ब्लैक मार्केट में ऊंचे दामों पर बिक रहे हैं। इस किल्लत के कारण कई दुकानें बंद होने की कगार पर हैं या पहले से ही बंद हो चुकी हैं। निगम प्रशासन से सुरक्षा बढ़ाने की मांग वर्मा ने निगम प्रशासन पर सुरक्षा व्यवस्था में लापरवाही का आरोप लगाया। उनके अनुसार, गढ़कलेवा चौपाटी में सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम नहीं हैं; सीसीटीवी कैमरे खराब पड़े हैं और कोई सुरक्षा गार्ड भी नियुक्त नहीं किया गया है। उन्होंने निगम प्रशासन से कई बार सुरक्षा बढ़ाने की मांग की है, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। 1 ही सिलेंडर था अब दुकान बंद करनी होगी दुकान संचालक जगदीश शाह ने बताया कि उनके पास केवल एक ही सिलेंडर था, जो चोरी हो गया। इस स्थिति में उन्हें अपनी दुकान बंद करनी पड़ सकती है। मनोज चौधरी ने बताया कि सुबह दुकान खोलने पर ताला टूटा मिला। चोरों ने नगदी को हाथ नहीं लगाया, केवल सिलेंडर चुराया। इस चोरी से उनके सामने रोजी-रोटी का गंभीर संकट खड़ा हो गया है।
ग्वालियर में एक ज्वैलरी शोरूम में फिल्मी अंदाज में चोरी का मामला सामने आया है। पड़ाव थाने के सामने स्थित ब्लू स्टोन ज्वैलरी स्टोर से 3.21 लाख रुपए कीमत की 22 कैरेट सोने की अंगूठी चोरी हो गई। खास बात यह रही कि आरोपी असली अंगूठी की जगह शोकेस में नकली अंगूठी रख गया, जिससे चोरी का खुलासा करीब 10 दिन बाद हो सका। जानकारी के मुताबिक, ब्लू स्टोन ज्वेलरी शोरूम में 17 मार्च को हुए ऑडिट के दौरान 17.6 ग्राम की अंगूठी नकली पाई गई। इसके बाद शोरूम संचालक ऋषभ दुबे ने सीसीटीवी फुटेज खंगाले। फुटेज में 5 मार्च को एक युवक अंगूठी बदलते हुए नजर आया। आरोपी बड़े ही शातिर तरीके से पहले अंगूठी देखता है, फिर एक कोने में जाकर जेब से रुमाल में रखी नकली अंगूठी निकालकर असली से बदल देता है। मामले में पड़ाव थाना पुलिस ने एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू की। थाना प्रभारी शैलेंद्र भार्गव ने कर्मचारियों से पूछताछ की, जिसमें संदेह शोरूम के पुराने कर्मचारी अभिषेक शर्मा पर गया। आरोपी वर्तमान में दिल्ली के एक ज्वैलरी शोरूम में काम कर रहा था। पुलिस ने गुरुवार को दिल्ली में दबिश देकर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में अभिषेक ने बताया कि शेयर बाजार में हुए भारी नुकसान की भरपाई के लिए उसने यह चोरी की थी। उसे यह भी पता था कि शोरूम में कैमरे लगे हैं, बावजूद इसके उसने प्लान बनाकर वारदात को अंजाम दिया।
संभल में ई-रिक्शा खड़ा करने पर विवाद, मारपीट:मां-बेटा घायल अस्पताल में भर्ती, देवर पर मारपीट का आरोप
सम्भल के हयातनगर थाना क्षेत्र के हसनपुर मुंजबता गांव में ई-रिक्शा खड़ा करने को लेकर हुए विवाद में दो पक्षों के बीच मारपीट हो गई। इस घटना में मां और बेटा घायल हो गए, जिन्हें उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। पीड़ित पक्ष ने अपने देवर और उसके परिवार पर मारपीट का आरोप लगाया है। घायलों की पहचान नूर जहाँ पत्नी जद्दन और उनके पुत्र शादाब के रूप में हुई है। दोनों को तत्काल अस्पताल ले जाया गया, जहां उनका मेडिकल परीक्षण कराया जा रहा है। घटना के संबंध में पुलिस को तहरीर दे दी गई है। नूर जहाँ ने अपनी शिकायत में बताया कि उनके देवर मिद्दन और उसके परिवार के सदस्य पुरानी रंजिश के चलते अक्सर विवाद करते रहते हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि कुछ दिन पहले भी उनके बच्चों, विशेषकर लड़कियों के साथ मारपीट की गई थी, जिसमें एक लड़की का सिर फूट गया था। उस समय पारिवारिक संबंधों को देखते हुए उन्होंने कोई शिकायत दर्ज नहीं कराई थी। पीड़िता के अनुसार, शुक्रवार को वे अपने घर के पास आलू छांटने का काम कर रही थीं। तभी आरोपियों ने उनके ई-रिक्शा को रास्ते में खड़ा करने का विरोध किया। यह मामूली कहासुनी जल्द ही हिंसक झगड़े में बदल गई। आरोप है कि हमलावरों ने न केवल ई-रिक्शा में तोड़फोड़ की, बल्कि गाली-गलौज करते हुए महिलाओं और बच्चों को भी पीटा। नूर जहाँ ने बताया कि आरोपियों ने उन्हें और उनके परिवार को अकेला पाकर हमला किया और गंभीर रूप से घायल कर दिया। उन्होंने पुलिस से इस मामले में सख्त कार्रवाई करते हुए आरोपियों को जेल भेजने की मांग की है। थाना पुलिस ने बताया कि उन्हें तहरीर मिल गई है और घायलों का मेडिकल कराया जा रहा है। मेडिकल रिपोर्ट के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। मामले की जांच जारी है।
हरदोई में भगवान श्रीराम और माता कौशिल्या पर कथित अभद्र टिप्पणी का एक वीडियो सामने आया है। वीडियो में एक व्यक्ति द्वारा आपत्तिजनक शब्दों के इस्तेमाल का दावा किया जा रहा है। सोशल मीडिया पर यह भी कहा जा रहा है कि वीडियो में दिखाई देने वाला व्यक्ति समाजवादी पार्टी (सपा) नेता यदुनंदन लाल राजपूत है। इसके बावजूद वीडियो सामने आते ही स्थानीय लोगों और सामाजिक संगठनों में भारी आक्रोश फैल गया। वीडियो वायरल होने के बाद कई सामाजिक संगठनों और स्थानीय नागरिकों ने इस मामले को गंभीर बताते हुए प्रशासन से तत्काल कार्रवाई की मांग की है। लोगों का कहना है कि धार्मिक आस्थाओं को ठेस पहुंचाने वाले ऐसे बयान किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं किए जा सकते। विरोध कर रहे लोगों ने आरोपी के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग उठाई है। कई जगह विरोध, कार्रवाई की मांग तेज मामले को लेकर कुछ स्थानों पर विरोध प्रदर्शन भी हुए। प्रदर्शनकारियों ने प्रशासन से मांग की कि वायरल वीडियो की तुरंत जांच कराई जाए और यदि आरोप सही पाए जाएं तो संबंधित व्यक्ति पर कठोर कार्रवाई की जाए। स्थानीय स्तर पर यह मामला अब धार्मिक और राजनीतिक दोनों रूपों में चर्चा का विषय बन गया है। सपा नेताओं की ओर से अब तक कोई प्रतिक्रिया नहीं इस पूरे विवाद पर समाजवादी पार्टी के स्थानीय नेताओं की ओर से अभी तक कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। ऐसे में राजनीतिक हलकों में भी इस मामले को लेकर चर्चाएं तेज हो गई हैं। वीडियो में जिस व्यक्ति की पहचान सपा नेता के रूप में बताई जा रही है, उस दावे की भी फिलहाल स्वतंत्र पुष्टि नहीं हो सकी है। पुलिस बोली- वीडियो की जांच के बाद होगी कार्रवाई पुलिस प्रशासन का कहना है कि वायरल वीडियो की जांच कराई जा रही है। वीडियो की सत्यता, उसमें दिख रहे व्यक्ति की पहचान और कथित बयान के तथ्यों की पुष्टि के बाद ही आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि किसी भी व्यक्ति को कानून-व्यवस्था और सामाजिक सौहार्द बिगाड़ने की इजाजत नहीं दी जाएगी। प्रशासन की अपील- बिना पुष्टि सामग्री शेयर न करें मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे सोशल मीडिया पर किसी भी भ्रामक, भड़काऊ या आपत्तिजनक सामग्री को बिना पुष्टि के साझा न करें। प्रशासन ने क्षेत्र में शांति और सौहार्द बनाए रखने की भी अपील की है, ताकि अफवाहों के कारण माहौल खराब न हो।
हापुड़ में भगवान महावीर जयंती के अवसर पर मेरठ परिक्षेत्र में 31 मार्च 2026 को व्यापक सुरक्षा व्यवस्था की गई है। मेरठ, बुलंदशहर, बागपत और हापुड़ जनपदों में कुल 30 शोभायात्राएं और 7 अन्य धार्मिक कार्यक्रम प्रस्तावित हैं। पुलिस प्रशासन ने इन आयोजनों को शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के लिए विशेष तैयारियां की हैं। डीआईजी कलानिधि नैथानी ने बताया कि कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए परिक्षेत्र में 5 अपर पुलिस अधीक्षक, 19 क्षेत्राधिकारी, 57 निरीक्षक, 260 उपनिरीक्षक, 260 मुख्य आरक्षी, 305 आरक्षी और 139 होमगार्ड/पीआरडी जवानों को तैनात किया गया है। इसके अतिरिक्त, पीएसी की 2 कंपनियां भी लगाई गई हैं। शोभायात्रा मार्गों पर 38 स्थानों को संवेदनशील घोषित किया गया है, जिनमें बुलंदशहर में 28, मेरठ में 6, हापुड़ में 3 और बागपत में 1 स्थान शामिल है। जिलावार शोभायात्राओं की संख्या इस प्रकार है: मेरठ में 15, बुलंदशहर में 7, बागपत में 6 और हापुड़ में 2। इन आयोजनों के साथ-साथ पूजा-अर्चना, भंडारा, भजन-कीर्तन और सांस्कृतिक कार्यक्रमों का भी आयोजन किया जाएगा। डीआईजी मेरठ रेंज कलानिधि नैथानी ने सभी जनपद प्रभारियों को आयोजकों के साथ समन्वय स्थापित कर रूट तय करने और पर्याप्त पुलिस बल तैनात करने के सख्त निर्देश दिए हैं। शांति समितियों, धर्मगुरुओं और संभ्रांत नागरिकों के साथ बैठकें आयोजित कर सहयोग सुनिश्चित किया गया है। अब तक 61 शांति समिति, 56 विभागीय और 44 आयोजक बैठकें संपन्न हो चुकी हैं। सोशल मीडिया पर भी कड़ी निगरानी रखने के निर्देश दिए गए हैं ताकि किसी भी भ्रामक सूचना का तत्काल खंडन किया जा सके। संवेदनशील क्षेत्रों में पेट्रोलिंग बढ़ाने, महिलाओं की सुरक्षा के लिए सादी वर्दी में पुलिस तैनात करने और अग्नि एवं विद्युत सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम करने के निर्देश भी जारी किए गए हैं।
तेज रफ्तार पिकअप ने तीन महिलाओं को मारी टक्कर:बड़वानी-अंजड़ रोड पर हादसा, एक महिला गंभीर घायल
बड़वानी-अंजड़ रोड पर ग्राम करी के पास शुक्रवार को एक तेज रफ्तार पिकअप वाहन अनियंत्रित होकर पलट गया। इस हादसे में सड़क किनारे मजदूरी करने जा रही तीन महिलाएं घायल हो गईं, जिनमें से एक की हालत गंभीर बताई जा रही है। जानकारी के अनुसार, पिकअप वाहन बड़वानी से अंजड़ की ओर जा रहा था और उसमें कुरकुरे नमकीन भरे हुए थे। ग्राम करी के पास चालक ने वाहन से नियंत्रण खो दिया, जिससे पिकअप लगभग 20 फीट नीचे पुलिया में जा गिरी। इसी दौरान वाहन ने तीन महिलाओं को अपनी चपेट में ले लिया। हादसे के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई। स्थानीय लोगों ने तुरंत मदद करते हुए घायलों को वाहन के नीचे से बाहर निकाला। 108 एम्बुलेंस की सहायता से सभी घायलों को जिला अस्पताल पहुंचाया गया। जिला अस्पताल में घायल महिलाओं का उपचार चल रहा है, जहां एक महिला की हालत गंभीर बनी हुई है। हादसे के बाद पिकअप चालक को कोई चोट नहीं आई और उसे पकड़कर पुलिस के हवाले कर दिया गया। प्रत्यक्षदर्शियों राजू तरोले और कान्हा परमार ने बताया कि वाहन चालक तेज रफ्तार और लापरवाही से गाड़ी चला रहा था, जिसके कारण यह दुर्घटना हुई। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और मामले की जांच शुरू कर दी है।
गुरुग्राम शहर के बसई धनकोट रेलवे स्टेशन के पास दिल्ली-रेवाड़ी डीएमओ पैसेंजर ट्रेन के सामने अचानक एक व्यक्ति कूद गया। ट्रेन के नीचे आने से उसका शरीर कई जगह से कट गया और चंद सैकेंड में उसकी मौत हो गई। सूचना मिलने पर जीआरपी थाना पुलिस मौके पर पहुंची और शव को अपने कब्जे में लिया। पुलिस शव को आसपास रहने वाले लोगों को दिखा रही है। अभी तक उसकी पहचान नहीं हो पाई है। जीआरपी के मुताबिक ट्रेन जब किलोमीटर नंबर 37 पर पहुंची, तो झाड़ियों से अचानक एक व्यक्ति निकलकर रेलगाड़ी के सामने आ गया। ट्रेन की टक्कर से व्यक्ति बुरी तरह घायल हो गया। लोको पायलट ने दी जानकारी ट्रेन के लोको पायलट ने इसकी सूचना गढ़ी हरसरू स्टेशन पर दी। मृतक की उम्र लगभग 45 वर्ष है और हाइट करीब छह फीट है। जांच अधिकारी बाबूलाल ने बताया कि पहचान के लिए आस-पास के इलाकों में पूछताछ की जा रही है। सीसीटीवी खंगालने में जुटी पुलिस उन्होंने अपील की है कि यदि किसी को इस व्यक्ति के बारे में कोई जानकारी हो तुरंत गढ़ी हरसरू रेलवे स्टेशन पर दें। प्रारंभिक जांच में यह बात सामने आई है कि व्यक्ति जान-बूझकर ट्रेन के सामने कूदा है। पुलिस अब स्टेशन की तरफ आने जाने वाले रास्तों पर लगे सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही है।
बलरामपुर में पेट्रोल-डीजल आपूर्ति सामान्य:डीएम ने लोगों से अफवाहों पर ध्यान न देने की अपील की
बलरामपुर में पेट्रोल और डीजल की आपूर्ति पूरी तरह सामान्य हो गई है। शुक्रवार को पेट्रोल पंपों पर भीड़ में कमी देखी गई, जिससे पता चलता है कि स्थिति सामान्य हो रही है। जिला मुख्यालय और अन्य क्षेत्रों के सभी पेट्रोल पंपों पर ईंधन की उपलब्धता सुचारु है। जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि पिछले दो दिनों में ईंधन की खपत में अचानक वृद्धि अफवाहों के कारण हुई थी, न कि वास्तविक कमी के चलते। एसडीएम सदर हेमंत गुप्ता, जिला पूर्ति अधिकारी कुमार निर्मलेदु और सीओ सहित अन्य अधिकारी लगातार पेट्रोल और डीजल पंपों का निरीक्षण कर रहे हैं और स्थिति पर कड़ी नजर रख रहे हैं। जिला पूर्ति अधिकारी ने बताया कि सभी पेट्रोल पंपों पर पेट्रोल और डीजल की आपूर्ति नियमित रूप से हो रही है। उन्होंने जनता को आश्वस्त किया कि घबराहट में खरीदारी (पैनिक बाइंग) की कोई आवश्यकता नहीं है, क्योंकि ईंधन की पर्याप्त मात्रा उपलब्ध है। जिलाधिकारी डॉ. विपिन कुमार जैन ने जनपदवासियों से अपील की है कि वे अफवाहों पर ध्यान न दें और केवल अपनी आवश्यकतानुसार ही ईंधन खरीदें। उन्होंने दोहराया कि अफवाहों के कारण ही कुछ दिन पहले खपत में असामान्य वृद्धि हुई थी, लेकिन अब स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में है। डीएम ने यह भी स्पष्ट किया कि पेट्रोल और डीजल की आपूर्ति नियमित और पर्याप्त बनी हुई है। प्रशासन की टीम लगातार निगरानी कर रही है और किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए पूरी तरह तैयार है। जनपदवासियों से अनुरोध किया गया है कि वे सोशल मीडिया पर फैल रही अफवाहों से प्रभावित न हों और संयमित तरीके से ही ईंधन खरीदें। ऐसा करने से अनावश्यक भीड़ से बचा जा सकेगा और व्यक्तिगत सुरक्षा भी सुनिश्चित होगी। बलरामपुर प्रशासन ईंधन आपूर्ति की लगातार निगरानी कर रहा है और जनपदवासियों की सुरक्षा एवं सुविधा को सर्वोच्च प्राथमिकता दे रहा है।
चैत्र नवरात्र के आखिरी दिन अवसर पर आज (शुक्रवार) दतिया के पीतांबरा पीठ पर 8 हजार से अधिक श्रद्धालु माई के नाम की आहुतियां देकर 9 दिन से कर रहे साधना, जप, अनुष्ठान का समापन किया। इस पूर्ण आहुति में हर साल की तरह आम श्रद्धालु भी शामिल हुए। पीतांबरा पीठ पर सुबह 7 बजे से परिसर में बनी दोनों यज्ञ शालाओं में सामूहिक हवन शुरू हुआ। हवन का क्रम दोपहर बाद तक चला। इस दौरान पीठ पर साधना कर रहे भक्तों के साथ स्थानीय व बाहरी भक्त बड़ी संख्या में सामूहिक हवन में शामिल हुए। पीठ प्रबंधन ने 8 हजार से अधिक श्रद्धालुओं के हवन की व्यवस्था की। हवन में पूर्णाहूति के बाद कन्या पूजन व भोज हुआ। बता दें कि पीतांबरा पीठ पर नवरात्रि के नवमीं पर साधनारत साधकों का जप अनुष्ठान के पूरा होने पर हवन का आयोजन होता है। भक्त, साधक नवरात्रि में अपनी मनोकामना और मंत्र सिद्धि के लिए 9 दिन तक साधना करते हैं। जिसका नवमी के दिन मंदिर में बनी यज्ञ शाला में पूर्ण आहुति की जाती है। मंदिर के पुजारी इस हवन को सम्पन्न करते हैं। शत्रु विनाशक की अधिष्ठात्री देवी हैं मांपीतांबरा माता शत्रुओं का विनाश करने के लिए या फिर किसी कार्य में आ रही बाधाओं को दूर करने के लिए पीतांबरा पीठ पर तंत्र विद्या के माध्यम से अनुष्ठान किए जाते हैं। पूरे देश में असम में कामाख्या, मप्र में उज्जैन के समीप आगर में बगलामुखी और दतिया में मां पीतांबरा का सिद्ध स्थल है। यहीं पर यह क्रियाएं की जाती हैं, जिससे शत्रु का विनाश हो जाता है। देश विदेश से दतिया पीतांबरा पीठ पर लोग अपनी मनोकामना लेकर आते हैं और मां पीतांबरा के आशीर्वाद से उनके कार्य सफल होते हैं। यहां आने वालों में देश के कई जाने-माने लोग भी शामिल हैं। बड़ी माता मंदिर पर अर्पित होंगे जवारेआराधना करने वाले भक्त विजयकाली (बड़ी माता) मंदिर पर मां को जवारे अर्पित कर अपनी साधना को पूर्ण करेंगे। वहीं इन जवारों के साथ शाम के समय अपनी जीव और गाल में आरपार ठोस लोहे की सांग छेदे हुए भक्त माई के दरबार तक पहुंचेगे। शहर में जगह-जगह से देवी पंडालों में हवन पूजन के बाद कन्या भोज व भंडारों के साथ मां की विदाई की जाएगी। वहीं जिले के विभिन्न देवी मंदिरों पर भी सुबह से ही हवन पूजन, कन्या भोज के कार्यक्रम शुरू हो चुके हैं।
विश्व हिंदू परिषद (विहिप) के अंतरराष्ट्रीय संरक्षक दिनेश संभल के सप्ताह भर के दौरे पर हैं। इस दौरान उन्होंने प्राचीन मंदिरों और तीर्थस्थलों का भ्रमण किया। उन्होंने संगठन के जिला अध्यक्ष सहित अन्य कार्यकर्ताओं के साथ समन्वय बैठक भी की। दिनेश ने उत्तर प्रदेश की शिक्षा मंत्री गुलाब देवी से शिष्टाचार भेंट भी की। वहीं चैत्र नवरात्रि की अष्टमी और रामनवमी के अवसर पर दिनेश ने संभल कस्बा क्षेत्र के विभिन्न मंदिरों का दौरा किया। उन्होंने मोहल्ला हल्लू सराय स्थित 800 साल पुराने सिद्धपीठ श्री चामुंडा देवी मंदिर में दर्शन किए। इसके अतिरिक्त, माता अहिल्याबाई होल्कर द्वारा जीर्णोद्धार कराए गए मोहल्ला कोट पूर्वी स्थित श्री प्राचीन श्रीकल्कि विष्णु मंदिर, श्रीकृष्णेश्वर महादेव मंदिर सूर्यकुंड तीर्थ, चतुर्मुख कूप, यामघट तीर्थ और थाना रायसत्ती क्षेत्र के मोहल्ला खग्गू सराय स्थित 46 साल बाद खुले कार्तिकेय महादेव मंदिर में पूजा-अर्चना की। दिनेश 22 मार्च को संभल पहुंचे थे और तब से वे जनपद के अलग-अलग क्षेत्रों का दौरा कर रहे हैं। इस दौरान उन्होंने कार्यकर्ताओं के अलावा जनप्रतिनिधियों से भी मुलाकात की है। हालांकि, उन्होंने अपने दौरे का उद्देश्य केवल मंदिरों के दर्शन करना बताया है। लेकिन संगठन के पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं के साथ हुई गुप्त बैठकें तथा जनप्रतिनिधियों से मुलाकातें आगामी रणनीति की ओर संकेत कर रही हैं। इस दौरे में उनके साथ संगठन मंत्री गौरव प्रताप सिंह, जिलाध्यक्ष आशु गर्ग, प्रियांशु जैन एडवोकेट, पुष्कल गुप्ता, विरलेश यादव, अंकित गुप्ता, शशांक शर्मा, संतोष गुप्ता और राजेश गुप्ता सहित अन्य प्रमुख कार्यकर्ता मौजूद रहे।
कासगंज में चैत्र नवरात्र के अंतिम दिन नवमी पर मां सिद्धिदात्री की पूजा-अर्चना श्रद्धा और उल्लास के साथ संपन्न हुई। सुबह होते ही नगर के प्रमुख मंदिरों में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ पड़ी। भक्तों ने लंबी कतारों में खड़े होकर मां के दर्शन किए और पूजा-अर्चना की। मंदिरों में जयकारों और भक्ति गीतों से वातावरण भक्तिमय हो गया। कासगंज शहर के प्रसिद्ध मां चामुंडा मंदिर में सर्वाधिक भीड़ देखी गई। यहां हजारों श्रद्धालुओं ने माता रानी के दर्शन किए। भक्तों ने विधि-विधान से जलाभिषेक किया और हवन कुंड में आहुति देकर मनोकामनाएं मांगीं। मंदिरों में दर्शन का सिलसिला सुबह से शुरू होकर देर तक जारी रहा। नवमी के अवसर पर घर-घर में कन्या पूजन का विशेष महत्व रहा। व्रत रखने वाली महिलाओं और अन्य श्रद्धालुओं ने देवी स्वरूप कन्याओं और लांगुरों को भोजन कराया। उन्हें दान-दक्षिणा देकर आशीर्वाद प्राप्त किया गया। इसके बाद श्रद्धालुओं ने विधि-विधान से अपने व्रत पूर्ण किए। भीड़ को नियंत्रित करने और सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद रहा। चामुंडा मंदिर सहित अन्य प्रमुख मंदिरों पर कड़ी सुरक्षा व्यवस्था की गई थी। मुख्य द्वार से लेकर मंदिर परिसर तक पुलिस कर्मियों की तैनाती रही, ताकि श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा न हो। पूरे जनपद में हवन, पूजा और अन्य धार्मिक अनुष्ठानों के साथ नवरात्र पर्व का समापन भक्ति और आस्था के माहौल में संपन्न हुआ।
आगरा में पेट्रोल और डीजल की स्थिति पूरी तरह से सामान्य है। शहर के सभी पेट्रोल पंपों पर पर्याप्त मात्रा में ईंधन उपलब्ध है और लोग आसानी से अपनी गाड़ियों में पेट्रोल और डीजल भरवा रहे हैं। हालांकि, कुछ प्राइवेट पेट्रोल पंपों ने अपने पेट्रोल और डीजल के दाम बढ़ा दिए हैं, जिससे थोड़ी अफवाह जैसा माहौल बना हुआ है। लेकिन अधिकांश पेट्रोल पंपों पर दाम सामान्य हैं और लोग बिना किसी परेशानी के ईंधन भरवा रहे हैं। आगरा के निवासियों का कहना है कि उन्हें पेट्रोल और डीजल की कमी का कोई अनुभव नहीं हुआ है। एक स्थानीय निवासी ने कहा, हमने तो टीवी पर ही देखा है कि पेट्रोल और डीजल की कमी है, लेकिन आगरा में तो सब कुछ सामान्य है। पेट्रोल पंप संचालकों का कहना है कि उनके पास पर्याप्त मात्रा में ईंधन का स्टॉक है और वे लोगों को आसानी से पेट्रोल और डीजल उपलब्ध करा रहे हैं। इस बीच, अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पेट्रोल और डीजल की कीमतों में उतार-चढ़ाव जारी है। लेकिन आगरा में इसका कोई असर नहीं दिख रहा है और स्थिति पूरी तरह से सामान्य है।
शामली जनपद के आदर्श मंडी थाना क्षेत्र के गांव गोहरपुर में मेले के दौरान मामूली विवाद में युवक की गोली मारकर हत्या करने के मामले में पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। हालांकि घटना में शामिल एक अन्य आरोपी अब भी फरार है। पुलिस का कहना है कि उसकी तलाश की जा रही है। इस मामले में पुलिस ने दोनों आरोपियों के खिलाफ आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है। मामला आदर्श मंडी थाना क्षेत्र के गांव गोहरपुर का है। यहां नवरात्र के दौरान चल रहे मेले में बाबरी थाना क्षेत्र के गांव कुरमाली निवासी अभि पुत्र सुरेंद्र की तीन युवकों ने मामूली विवाद के बाद गोली मारकर हत्या कर दी थी। घटना के बाद इलाके में तनाव का माहौल बन गया था। पीड़ित परिवार और ग्रामीणों ने आरोपियों की गिरफ्तारी और उनके घरों पर बुलडोजर कार्रवाई की मांग को लेकर धरना-प्रदर्शन भी किया था। पकड़े गए आरोपी चाचा-ताऊ के बेटे पुलिस ने इस मामले में जिन दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है, उनकी पहचान शिवा पुत्र स्व. बिजेंद्र और गौरव उर्फ रफ्तार पुत्र देशपाल निवासी गांव कुरमाली, थाना बाबरी के रूप में हुई है। बताया जा रहा है कि दोनों आरोपी आपस में चाचा-ताऊ के बेटे हैं। पुलिस ने दोनों को गिरफ्तार कर पूछताछ शुरू कर दी है। देसी तमंचा और जिंदा कारतूस बरामद पुलिस ने आरोपियों की निशानदेही पर घटना में प्रयुक्त एक देसी तमंचा और 12 बोर का एक जिंदा कारतूस भी बरामद किया है। हालांकि पुलिस अभी एक और आरोपी की गिरफ्तारी और घटना में इस्तेमाल दूसरे तमंचे की बरामदगी में जुटी है। पहले से भी था विवाद, गाली-गलौज के बाद हुई हत्या पुलिस अधिकारी एनपी सिंह ने बताया कि शुरुआती जांच में सामने आया है कि मृतक और आरोपियों के बीच पहले से किसी बात को लेकर विवाद चल रहा था। घटना वाले दिन मेले में फिर से गाली-गलौज को लेकर कहासुनी हुई, जिसके बाद विवाद बढ़ गया। इसी दौरान एक आरोपी ने अभि को गोली मार दी, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। तीसरे आरोपी और दूसरे तमंचे की तलाश में दबिश पुलिस का कहना है कि मामले में शामिल तीसरे आरोपी की तलाश लगातार की जा रही है। साथ ही घटना में प्रयुक्त एक अन्य तमंचे की बरामदगी के लिए भी दबिश दी जा रही है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि जल्द ही फरार आरोपी को भी गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
उज्जैन में बारातियों से भरी बस पलटी, 15 घायल:सड़क निर्माण के बीच ओवरटेक करने से हादसा
उज्जैन के इंगोरिया थाना क्षेत्र अंतर्गत जहांगीरपुर गांव के पास शुक्रवार को एक बड़ा सड़क हादसा हुआ। इंदौर से खाचरोद जा रही बारातियों से भरी एक बस अनियंत्रित होकर पलट गई। इस दुर्घटना में लगभग 15 लोग घायल हो गए। प्राथमिक जानकारी के अनुसार, जिस स्थान पर यह हादसा हुआ, वहां इन दिनों सड़क निर्माण कार्य चल रहा है। बताया जा रहा है कि इसी दौरान ओवरटेक करने के प्रयास में बस चालक का संतुलन बिगड़ गया, जिससे बस पलट गई। हादसे के वक्त बस में बड़ी संख्या में बाराती सवार थे। घायलों को तत्काल स्थानीय अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उनका प्राथमिक उपचार जारी है। कुछ घायलों की हालत को देखते हुए उज्जैन से 5 एंबुलेंस मौके पर भेजी गईं। आवश्यकता पड़ने पर उन्हें जिला अस्पताल रेफर किया जा सकता है। देखें बस हादसें की तस्वीरें…
अयोध्या में रामनवमी पर आस्था, विज्ञान और परंपरा का अद्भुत संगम देखने को मिला। शुक्रवार दोपहर ठीक 12 बजे अभिजीत मुहूर्त में रामलला का सूर्य तिलक हुआ। 9 मिनट तक सूर्य की विशेष किरणें भगवान के ललाट पर पड़ीं। सूर्य तिलक के साथ ही रामलला का जन्म हो गया। पीएम मोदी ने टीवी पर सूर्य तिलक देखा। इस दौरान 14 पुजारी गर्भगृह में मौजूद रहे। उन्होंने विशेष पूजा-अर्चना की। सूर्य तिलक के बाद रामलला का पट बंद कर दिए गए। फिर रामलला को 56 तरह के व्यंजन का भोग लगा। प्राण-प्रतिष्ठा के बाद रामलला का यह दूसरा सूर्य तिलक है। सूर्य तिलक के लिए अष्टधातु के 20 पाइप से 65 फीट लंबा सिस्टम बनाया गया। इसमें 4 लेंस और 4 मिरर के जरिए गर्भ गृह तक रामलला के मस्तक पर किरणें पहुंचाई गईं। राम नवमी के अवसर पर सुबह 5.30 बजे रामलला की आरती की गई। भगवान को पीतांबर पहनाए गए थे। आज करीब 10 लाख लोग रामलला के दर्शन करने पहुंचे हैं। राम जन्मभूमि परिसर, राम पथ, भक्ति पथ और जन्मभूमि पथ पर श्रद्धालुओं की काफी भीड़ है। आइए 10 तस्वीरों में देखिए रामलला का सूर्यतिलक…
बुलंदशहर में बदला मौसम, बूंदाबांदी से मिली राहत:तापमान में आई गिरावट, फसलों के खराब होने की संभावना
बुलंदशहर में गुरुवार को मौसम ने अचानक करवट लेते हुए लोगों को गर्मी से राहत दिलाई। सुबह हल्की धूप के बाद दिनभर ठंडी हवाएं चलती रहीं, जबकि दोपहर बाद आसमान में बादल छा गए और हल्की बूंदाबांदी शुरू हो गई। इससे मौसम सुहावना हो गया और तापमान में गिरावट दर्ज की गई। मौसम विभाग के अनुसार, अधिकतम तापमान करीब 30 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 20 डिग्री सेल्सियस रहा। बीते कुछ दिनों से बढ़ रही गर्मी के बीच यह बदलाव लोगों के लिए राहतभरा साबित हुआ। मौसम के इस बदलाव का असर जनजीवन पर भी देखने को मिला। बूंदाबांदी और ठंडी हवाओं के कारण बाजारों और सड़कों पर भीड़ कम रही। लोगों ने गर्मी से राहत महसूस की और घरों से बाहर निकलने में भी सहजता महसूस की। किसानों के लिए भी यह मौसम फिलहाल लाभकारी माना जा रहा है, लेकिन यदि बारिश अधिक होती है तो खड़ी फसलों को नुकसान होने की आशंका बनी रहती है। विशेषकर गेहूं और सरसों की फसल पर इसका प्रभाव पड़ सकता है। मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि आने वाले 2–3 दिनों तक ऐसा ही मौसम बना रह सकता है। हल्की बारिश और बादल छाए रहने के साथ न्यूनतम तापमान में और गिरावट की संभावना जताई गई है।
टोंक की कोतवाली थाना क्षेत्र में मंदिर से लौट रही महिला के गहने उतरवा कर 2 बदमाश फरार हो गए। एक बदमाश ने महिला से कहा- मैं आपको हथेली पर बालाजी के दर्शन करवा सकता हूं। आपको 11 कदम चलना होगा, महिला ने मना किया तो पानी के छींटे मारे। इसके बाद महिला के जेवर उतरवाए और 2 कदम चलने का कहा। जैसे ही महिला पीछे घूमी, बदमाश वहां से गहने लेकर भाग निकले। अब श्याम नगर की सुनीता गुप्ता ने गुरुवार शाम को मामले में FIR दर्ज कराई है। पुलिस ने अज्ञात दो युवकों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। मंदिर दर्शन कर लौट रही थी रिपोर्ट में पीड़िता ने बताया कि वह बुधवार सुबह 7.30 बजे डीपो के बालाजी के मंदिर में दर्शन कर पैदल ही घर लौट रही थी। इसी दौरान रास्ते में राज टॉकीज रोड से हायर सेकेंडरी स्कूल के बीच 25 से 30 साल की उम्र का लाल शर्त और काली पेंट पहने एक लड़का मिला। बोला- हथेली पर बालाजी के दर्शन करवा सकता हूं रिपोर्ट में बताया कि उसने मुझसे डॉ. शीतल शर्मा का पता पूछा तो मैंने मना कर दिया। फिर पीड़िता कुछ दूर तक चली तो उस युवक ने रोक लिया और कहा कि मैं आपको हाथ की हथेली में बालाजी के दर्शन करा सकता हूं। यह कहते ही महिला ने मना कर दिया कि मैं अभी बालाजी के ही दर्शन करके आई हूं। साथी अनजान बनकर आया; बोला- मुझे दर्शन हुए महिला ने बताया- इसी बीच उसका साथी अनजान बनकर आया। उसे प्लानिंग के तहत आरोपी युवक ने मौके पर आए उसके साथी को 41 कदम आगे चलवाया। उसके साथी ने कहा- मुझे तो बालाजी के दर्शन हो गए। इसके बाद महिला घर जाने लगी तो फिर से उसे आरोपी ने रोक लिया। पानी के छींटे मारे, 2 कदम चलवाया आरोपी ने महिला को 11 कदम आगे चलने और जेवर उतारने को कहा। महिला ने आरोपी की बात नहीं मानी तो उसने अचानक पानी के छींटे मारे। फिर पीड़िता को होश नहीं रहा। उसके बाद पीड़िता ने सोने की 2 टॉप, 2 कंगन, एक लॉकेट, एक अंगूठी उतार कर उसे दे दी। उसके बाद आरोपी ने कहा कि 2 कदम आगे चलो। फिर पीड़िता दो कदम आगे चली। उसके बाद पीछे देखा तो वे आरोपी और उसका साथी फरार हो गया।
छत्तीसगढ़ के कोंडागांव जिले में एक युवक ने दो लड़कियों से शादी की। एक ही मंडप में उसने दोनों के साथ सात फेरे लिए और साथ जीने-मरने की कसमें खाईं। वहीं अब शादी कार्ड और वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे है। वीडियो में दूल्हा दोनों दुल्हनों का हाथ थामकर अग्नि के फेरे लेते नजर आ रहा है। जश्न के दौरान दोस्तों और ग्रामीणों ने जमकर डांस करते दिखाई दिए। वीडियो वायरल होने के बाद इस शादी की पूरे प्रदेश में शादी की चर्चा हो रही है। यह मामला फरसगांव ब्लॉक के ग्राम बैलगांव का है। जानकारी के मुताबिक, युवक का नाम हितेश यादव है, जो कि खेती किसानी करता है। हितेश की पहली पत्नी शंकरपुर की रहने वाली फुलबती और दूसरी पत्नी बनियागांव गांव की रहने वाली यामिनी है। देखिए पहले ये तस्वीरें- पूरे विधि-विधान से रस्में हुईं विवाह खुले तौर पर गाजे-बाजे के साथ संपन्न हुआ, जिसमें 23 मार्च 2026 को मंडपाच्छादन और हरिद्रालेपन (हल्दी) की रस्में हुईं, जबकि 24 मार्च 2026 को पाणिग्रहण, लग्न और आशीर्वाद समारोह आयोजित किए गए। सभी रस्में पारंपरिक तरीके से पूरी की गईं। ग्रामीणों के अनुसार तीनों परिवारों की रजामंदी, समाज के बुजुर्गों के आशीर्वाद के साथ यह विवाह हुआ ताकि भविष्य में विवाद न हो। आदिवासी समाज में परंपरा अलग इस मामले में अधिवक्ता निपेंद्र मिश्रा ने बताया कि हिन्दू मैरिज एक्ट के तहत कोई व्यक्ति दो विवाह नहीं कर सकता। दूसरा विवाह तभी संभव है, जब पहली पत्नी से विधिवत तलाक लिया गया हो। हालांकि, आदिवासी समाज में अक्सर एक से अधिक विवाह की परंपरा देखी जाती है। ……………………. इससे जुड़ी यह खबर भी पढ़िए… एक दूल्हा और दो दुल्हन: दो लड़कियों से हुआ प्यार, एक ही मंडप में लिए सात फेरे; शादी के बाद दूल्हा बोला- दोनों को नहीं छोड़ना चाहता था छत्तीसगढ़ में बस्तर जिले के टिकरालोहंगा में रहने वाले एक युवक ने दो लड़कियों के साथ एक ही मंडप में सात फेरे लिए। युवक ने बाकायदा शादी के निमंत्रण पत्र में दोनों लड़कियों के नाम भी छपवाया। यह शादी तीनों के परिवार के लोगों की रजामंदी से हुई। पढ़ें पूरी खबर…
पेट्रोल और डीजल की लगातार बढ़ती कीमतों के कारण अब लोग तेजी से इलेक्ट्रिक वाहनों (ईवी) की ओर रुख कर रहे हैं। विशेष रूप से दोपहिया इलेक्ट्रिक वाहनों की मांग में उल्लेखनीय वृद्धि दर्ज की गई है। सामान्य एजेंसियों पर इन वाहनों की बिक्री में तीन गुना से अधिक की बढ़ोतरी हुई है, जो बाजार में ईवी की बढ़ती स्वीकार्यता को दर्शाता है। ग्राहकों की लग रही लंबी लाइनें डीलरों के मुताबिक, पहले जहां प्रतिदिन कुछ ही ईवी वाहन बिकते थे, वहीं अब ग्राहकों की लंबी कतारें देखी जा रही हैं। दोपहिया इलेक्ट्रिक वाहन 30,000 रुपये से लेकर 60,000 रुपये तक की कीमत में उपलब्ध हैं। ये वाहन पेट्रोल से चलने वाले वाहनों की तुलना में काफी किफायती साबित हो रहे हैं। इलेक्ट्रिक वाहनों की मांग हुई तेज पहले प्रतिदिन दो से तीन ईवी वाहन बिकते थे तो आज इनकी संख्या प्रतिदिन 15 तक पहुंच रही है। ग्राहकों का कहना है कि बढ़ती ईंधन कीमतों ने उनके मासिक बजट को प्रभावित किया है। ऐसे में इलेक्ट्रिक वाहन एक सस्ता और पर्यावरण के अनुकूल विकल्प बनकर उभरे हैं। कम रख-रखाव लागत और आसान चार्जिंग सुविधा भी लोगों को इन वाहनों की ओर आकर्षित कर रही है। विशेषज्ञों का मानना है कि आने वाले समय में इलेक्ट्रिक वाहनों की मांग में और तेजी आएगी। इससे न केवल उपभोक्ताओं पर वित्तीय बोझ कम होगा, बल्कि वायु प्रदूषण को नियंत्रित करने में भी मदद मिलेगी।
जौनपुर में पेट्रोल-डीजल खत्म होने की अफवाहों के बीच अचानक बढ़ी मांग ने हालात बिगाड़ दिए। कई पेट्रोल पंप बंद हो गए, जबकि बाकी पर भारी भीड़ के चलते ईंधन देने की सीमा तय करनी पड़ी। गुरुवार शाम से पेट्रोल और डीजल की अचानक बढ़ी मांग के चलते नगर और ग्रामीण क्षेत्रों के कई पेट्रोल पंपों पर संकट की स्थिति बन गई। इंटरनेट मीडिया पर ईंधन खत्म होने की अफवाह फैलते ही पंपों पर भारी भीड़ उमड़ पड़ी, जिससे कई जगहों पर पेट्रोल पंप बंद करने पड़े। स्थिति को नियंत्रित करने के लिए प्रशासन ने बाइक सवारों को 200 रुपये और कार चालकों को 500 रुपये तक ही पेट्रोल देने की सीमा तय कर दी है। पंप संचालकों का कहना है कि पहले डिपो से उधारी पर ईंधन मिल जाता था, लेकिन अब पूरा भुगतान करने के बाद ही आपूर्ति हो रही है, जिससे कुछ पंपों पर दिक्कत आई है। नईगंज तिराहे स्थित कुमार पेट्रोल पंप गुरुवार शाम करीब छह बजे बंद हो गया। इसके अलावा ओलंदगंज, कचहरी, पॉलीटेक्निक चौराहा और वाजिदपुर क्षेत्र के कई पंपों पर भी पेट्रोल खत्म हो गया, जिससे वाहन चालकों को भारी परेशानी उठानी पड़ी। खेतासराय के मैनुद्दीनपुर स्थित पेट्रोल पंप पर शुक्रवार सुबह लंबी कतारें लगी रहीं। यहां भी भीड़ को देखते हुए 200 रुपये तक ही पेट्रोल दिया गया। प्रबंधक जयराम गौतम ने बताया कि लोग टंकी फुल कराने की जिद कर रहे थे, जिससे स्थिति संभालना मुश्किल हो रहा था। नगर के वाजिदपुर स्थित भारत पेट्रोलियम पंप पर अफवाह फैलते ही अचानक भीड़ बढ़ गई और लंबी लाइनें लग गईं। वहीं पॉलीटेक्निक चौराहा स्थित इंडियन ऑयल पंप पर पेट्रोल-डीजल खत्म होने के कारण मशीनों को काले प्लास्टिक से ढक दिया गया। सिकरारा क्षेत्र के गुलजारगंज स्थित इंडियन ऑयल पंप पर सुबह से ही भारी भीड़ देखी गई। हालांकि, पंप संचालक ने बताया कि उनके पास पर्याप्त ईंधन उपलब्ध है और लोग अफवाहों के कारण अनावश्यक भीड़ कर रहे हैं। इसी तरह मुफ्तीगंज के देवाकलपुर पेट्रोल पंप पर भी सुबह से ही लोगों की लंबी कतारें लगी रहीं। प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे अफवाहों पर ध्यान न दें और केवल जरूरत के अनुसार ही पेट्रोल-डीजल लें, ताकि स्थिति सामान्य बनी रह सके।
नरसिंहपुर के श्रीवनम पहाड़ियों पर स्थित परमहंसी गंगा आश्रम में राजराजेश्वरी मां त्रिपुर सुंदरी का नवमी तिथि पर विशेष श्रृंगार किया गया। इस अवसर पर देवी को भगवान राम के अवतार स्वरूप में सजाया गया। श्रृंगार के दौरान मां के हाथों में धनुष सुशोभित था और तरकश में बाण सजे हुए थे। भक्तों को यह दिव्य स्वरूप अत्यंत वीरतापूर्ण और आकर्षक प्रतीत हो रहा था। नवरात्र में हर दिन माता का अलग-अलग रुपों में हुआ श्रृंगार मां के इस राम अवतार स्वरूप के दर्शन के लिए बड़ी संख्या में श्रद्धालु आश्रम पहुंचे। भक्तों ने आरती में शामिल होकर आशीर्वाद प्राप्त किया। नवरात्र के दौरान प्रतिदिन मां का अलग-अलग रूपों में श्रृंगार किया जा रहा है, जो क्षेत्र में आकर्षण का केंद्र बना हुआ है। मान्यता है कि मां त्रिपुर सुंदरी की आराधना से भक्तों को भोग और मोक्ष दोनों की प्राप्ति होती है। इसी धार्मिक मान्यता के कारण नवमी के इस पावन दिन भक्तों की आस्था चरम पर देखी गई।
शिमला पुलिस ने नशे के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए 94 ग्राम चिट्टे के साथ पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है। सभी आरोपी हरियाणा के रहने वाले हैं। पुलिस ने यह कार्रवाई तारादेवी-टूटू बाईपास क्षेत्र में की। पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार शिमला पुलिस के स्पेशल सेल की टीम को 19 मार्च 2026 को विश्वसनीय सूचना मिली थी। इसके आधार पर टीम ने तारादेवी जीरो पॉइंट से लगभग 100 मीटर आगे टूटू बाईपास सड़क पर एक काले रंग की स्विफ्ट कार (HR12AX5838) को रोका। कार में पांच व्यक्ति सवार थे, जिनकी तलाशी लेने पर उनके कब्जे से करीब 94 ग्राम हेरोइन/चिट्टा बरामद हुआ। सोनीपत और झज्जर के रहने वाले हैं आरोपी गिरफ्तार किए गए आरोपियों की पहचान अंजित (34) इरफान (38) झज्जर, रविकांत (30), नरेंद्र (38) सभी निवासी सोनीपत वहीं मुकेश (47) झज्जर के रूप में हुई है। आरोपितों को 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेजा इस मामले में शिमला के थाना वेस्ट में एनडीपीएस अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है। सभी पांचों आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उन्हें पांच दिन की पुलिस हिरासत रिमांड पर भेजा गया था। बाद में, इरफान, मुकेश, नरेंद्र और रविकांत को 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है। वहीं, आरोपी अंजित का पुलिस ने दोबारा रिमांड प्राप्त किया है। पुलिस मामले के हर पहलू पर गहनता से जांच कर रही है। पुलिस का कहना है कि इस संबंध में हर एंगल से जांच की जा रही है।
पलवल शहर के डीएनडी एक्सप्रेस-वे पर सहराला गांव के निकट एक सड़क हादसे में अज्ञात महिला की मौत हो गई। तेज रफ्तार महिंद्रा पिकअप वाहन की चपेट में आने से यह दुर्घटना हुई। पुलिस ने आरोपी ड्राइवर को हिरासत में लेकर वाहन को कब्जे में ले लिया है। गदपुरी थाना प्रभारी कुलदीप के अनुसार, सहराला गांव के पंचायत सदस्य राजेश कुमार ने इस संबंध में शिकायत दर्ज कराई है। उन्होंने बताया कि 26 मार्च को वह डीएनडी एक्सप्रेस-वे से गुजर रहे थे। महिला ने मौके पर तोड़ा दम इसी दौरान उन्होंने देखा कि फरीदाबाद की ओर से आ रही एक पिकअप गाड़ी के ड्राइवर ने लापरवाही से वाहन चलाते हुए सड़क पर पैदल चल रही एक महिला को टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि महिला के सिर से काफी खून बहने लगा और उसकी मौके पर ही मौत हो गई। NHAI की एम्बुलेंस शव लेकर पहुंची अस्पताल दुर्घटना की सूचना मिलते ही एनएचएआई की एम्बुलेंस मौके पर पहुंची। घायल अवस्था में महिला को बादशाह खान (बीके) अस्पताल फरीदाबाद ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। मृतका की पहचान अभी तक नहीं हो पाई है। पुलिस शव की पहचान कराने में जुटी है।
कानोड़ नगर पालिका में आयोजित तीन दिवसीय अहिरावण मेले का गुरुवार समापन हो गया। यह मेला 24 मार्च को शुरू हुआ था और इसे क्षेत्र की सांस्कृतिक विरासत तथा लोक आस्था का प्रतीक माना जाता है। मेले के अंतिम दिन गुरुवार को भव्य आतिशबाजी के साथ अहिरावण दहन कार्यक्रम आयोजित किया गया। इसके साथ ही तीन दिवसीय इस आयोजन का सफलतापूर्वक समापन हुआ। प्रशासन और आयोजन समिति ने इस अवसर के लिए व्यापक तैयारियां की थीं। अहिरावण मेला क्षेत्र की प्राचीन परंपराओं का हिस्सा है। पौराणिक मान्यताओं की माने तो यह बुराई पर अच्छाई की विजय का प्रतीकात्मक प्रदर्शन करता है। इस मेले में स्थानीय और दूर-दराज से बड़ी संख्या में श्रद्धालु और पर्यटक शामिल हुए। मेले के दौरान विभिन्न झूले, दुकानें, स्थानीय हस्तशिल्प के स्टॉल, खान-पान के व्यंजन और सांस्कृतिक कार्यक्रम मुख्य आकर्षण रहे। बच्चों से लेकर बुजुर्गों तक, सभी आयु वर्ग के लोगों ने इस मेले का भरपूर आनंद लिया। कानोड़ नगर पालिका प्रशासन और पुलिस ने मेले को सुव्यवस्थित तथा सुरक्षित बनाने के लिए विशेष इंतजाम किए थे। यातायात नियंत्रण, सुरक्षा व्यवस्था और साफ-सफाई पर विशेष ध्यान दिया गया। शाम को हुए अहिरावण दहन और भव्य आतिशबाजी कार्यक्रम को देखने के लिए हजारों की संख्या में लोग उमड़े। यह मेले का मुख्य आकर्षण रहा। स्थानीय लोगों में इस आयोजन को लेकर खासा उत्साह देखा गया, जिसने क्षेत्रीय एकता, परंपरा और सांस्कृतिक समृद्धि का संदेश दिया।
देवास में रामनवमी का पर्व श्रद्धा और उल्लास के साथ मनाया गया। इस अवसर पर भगवान राम के मंदिरों को विशेष रूप से सजाया गया और विभिन्न धार्मिक अनुष्ठान आयोजित किए गए। रामजन्मोत्सव पर हजारों श्रद्धालुओं ने मंदिरों में दर्शन कर पुण्य लाभ कमाया। शुक्रवार दोपहर 12 बजे रामजन्मोत्सव मनाया गया, जिसमें शहर के विभिन्न मंदिरों में भक्तों की भारी भीड़ उमड़ी। खेड़ापति मारुति मंदिर और ईटावा स्थित श्री राम मंदिर सहित अन्य राम मंदिरों में सुबह से ही श्रद्धालु पहुंचने लगे थे। ठीक 12 बजते ही प्रभु श्री राम की भव्य आरती की गई, जिसमें हजारों की संख्या में भक्त शामिल हुए। इस दौरान मंदिरों में 'जय जय श्री राम' के उद्घोष गूंज उठे और पूरे शहर में भक्तिमय माहौल छा गया। रामनवमी को लेकर मंदिरों में एक दिन पहले से ही विशेष साज-सज्जा की गई थी। कई स्थानों पर अखंड रामायण पाठ और भजन-कीर्तन जैसे आयोजन भी हुए, जिन्होंने भक्तों को आकर्षित किया। आरती के बाद श्रद्धालुओं को प्रसाद वितरित किया गया।
गाजियाबाद के पुलिस थानों में जनता की किस तरह से सुनवाई होती है इससे अंदाजा लगाया जा सकता है। एक युवक की सड़क हादसे में 80 दिन पहले मौत हुई, युवक यूपी के सुल्तानपुर जिले का रहने वाला था। युवक का पिता 700 किमी दूर आकर थाने के चक्कर काट रहा है। लेकिन पुलिस ने कार्रवाई तो FIR तक दर्ज नहीं की। यहां तक की थाने के मुंशी और दरोगा टरका देते हैं कि आप केस दर्ज मत कराइए। आपको क्लेम पोस्टमार्टम रिपोर्ट से ही मिल जाएगा। पहले जानिए क्या है पूरा मामला यूपी के सुल्तानपुर जिले के धम्मौर थाना क्षेत्र के कचानाया गांव निवासी आशीष तिवारी (28 साल) पुत्र रामजी तिवारी गाजियाबाद के लोहामंडी में ट्रैक्टर चलाता था। युवक की शादी तय हो गई थी, मार्च माह में शादी होनी थी। 5 जनवरी 2026 की देर रात करीब 2 बजे कोतवाली थाना क्षेत्र में सिल्वर सिटी सिनेमा के पास ट्रैक्टर पलटने से से आशीष की मौत हो गई। पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराया और शव अगले दिन परिजनों को सौंप दिया। पुलिस ने दर्ज नहीं की एफआईआर आशीष तिवारी के पिता रामजी तिवारी का कहना है कि मैंने गाजियाबाद के कोतवाली थाने में तहरीर दी थी, कि मेरे बेटे की मौत का केस दर्ज किया जाए। लेकिन लिखित में तहरीर देने के बाद मेरे बेटे का केस दर्ज नहीं किया गया। रात में डिवाइडर से टकराकर आयशर टैक्टर पलटा। मैं 700 किमी आकर गाजियाबाद में पुलिस के चक्कर काट रहा हूं। लेकिन मेरी एफआईआर दर्जन नहीं की। थाने में मुंशी और दरोगा कहते हैं कि तुम केस दर्ज मत कराओ। आपके बेटे को जो बीमा मिलेगा वह पोस्टमार्टम रिपोर्ट से ही मिल जाएगा। मेरा बेटा चला गया, मैं ही परेशान पीड़ित पिता ने कहा कि मेरे तीन बेटे में से सबसे बड़े बेटे की मौत हो चुकी है। मैं लगातार हार थक चुका हूं। हादसा हुआ है, पुलिस ही घायल बेटे को सरकारी अस्पताल लेकर पहुंची थी। उसके बाद भी केस दर्ज नहीं किया गया। मेरा सब कुछ चला गया। 2 हजार रुपये खर्च करके सुल्तानपुर से गाजियाबाद आता हूं, मैं मजदूर आदमी और यहां से मैं रो रोज थाने में आऊं। हादसे को 80 दिन हो गए हो गए। अभी तक पुलिस ने केस दर्ज नहीं किया। कोतवाली SHO सचिन कुमार का कहना है कि यह मामला मेरे संज्ञान में नहीं था। तहरीर के आधार पर केस दर्ज कर पीड़ित की पूरी मदद की जाएगी।
हरदोई में रामनवमी के अवसर पर शुक्रवार को श्रद्धा और भक्ति का माहौल देखने को मिला। सुबह से ही मंदिरों में पूजा-अर्चना के लिए भक्तों की भारी भीड़ उमड़ी। रामनवमी का पर्व बड़े ही हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। सुबह से ही श्रद्धालु मंदिरों में पहुंचकर भगवान श्रीराम और मां दुर्गा के नौवें स्वरूप मां सिद्धिदात्री की पूजा-अर्चना करते नजर आए। मंदिरों में भक्तों ने भगवान श्रीराम की आरती की और टीका लगाकर मां के चरणों में शीश नवाया। छोटे बच्चों ने भी हाथ जोड़कर देवी मां से आशीर्वाद मांगा। घंटों और शंखध्वनि के बीच पूरे वातावरण में भक्ति की गूंज सुनाई दी। इस मौके पर कन्या पूजन का विशेष आयोजन किया गया। श्रद्धालुओं ने कन्याओं के पैर छूकर उन्हें दही, जलेबी और पूड़ी का प्रसाद खिलाया और आशीर्वाद प्राप्त किया। शहर के राम जानकी मंदिर, मां काली मंदिर, शक्तिपीठ श्रवण देवी मंदिर और मां संतोषी माता मंदिर सहित कस्बों व ग्रामीण क्षेत्रों के मंदिरों में भी श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ी रही। सभी मंदिरों को आकर्षक तरीके से सजाया गया था। राम जानकी मंदिर के पुजारी मैथिली शरण शास्त्री ने बताया कि नवरात्रि और रामनवमी का विशेष महत्व है। मान्यता है कि इस दौरान सच्चे मन से मांगी गई हर मनोकामना पूरी होती है। पर्व को देखते हुए प्रशासन ने मंदिरों के बाहर सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए थे, जिससे श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा न हो।
बूंदी करवर के पैतृक गांव पीपरवाला में 10वीं कक्षा की स्टेट द्वितीय टॉपर रिद्धिमा जांगिड़ का जोशीला स्वागत किया गया। रिद्धिमा ने 99.67% अंक हासिल कर राज्य में दूसरा स्थान प्राप्त किया है। डीजे और आतिशबाजी के साथ ग्रामीणों ने रिद्धिमा का पूरे गांव में जुलूस निकाला। जगह-जगह पुष्प वर्षा कर और मालाएं पहनाकर उनका स्वागत किया गया। इस गौरवपूर्ण क्षण में बच्चों से लेकर बुजुर्गों, महिलाओं और पुरुषों तक सभी शामिल हुए।रिद्धिमा के पिता हरगोविंद जांगिड़ जयपुर में सरस डेयरी में कार्यरत हैं, जबकि उनकी माता संतोष जांगिड़ गृहणी हैं। रिद्धिमा की बड़ी बहन इशिका जांगिड़ यूपीएससी की तैयारी कर रही हैं। जयपुर में रह रहा है परिवारपरिजनों, सेवानिवृत्त प्रिंसिपल पुरषोत्तम कारपेंटर और सोनू मीणा ने बताया कि बेटियां गांव में ही पली-बढ़ीं। बेहतर शिक्षा और रोजगार के लिए परिवार कुछ समय से जयपुर में रह रहा है। अभावों और आर्थिक तंगी के बावजूद उन्होंने बेटियों की पढ़ाई पर पूरा ध्यान केंद्रित किया, जिससे 'बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ' का नारा सार्थक हुआ। वर्तमान में रिद्धिमा जांगिड़ जयपुर के कैंब्रिज स्कूल में पढ़ रही हैं। उन्होंने सीमित संसाधनों में सेल्फ-स्टडी के माध्यम से यह उपलब्धि हासिल की। अपनी सफलता पर रिद्धिमा ने कहा कि लगातार मेहनत करो और अपने लक्ष्य को प्राप्त करो। उन्होंने अपनी सफलता का श्रेय परिजनों और शिक्षकों को दिया और भविष्य में प्रशासनिक सेवा में जाने की इच्छा व्यक्त की। रिटायर्ड प्रिंसिपल बृजमोहन मीणा, जितेंद्र शर्मा और पिंकू मीणा ने कहा कि रिद्धिमा जांगिड़ ने पूरे राजस्थान में पीपरवाला गांव का नाम रोशन किया है। यह उपलब्धि ऐतिहासिक है और हर बेटी के सपनों को नई उड़ान देने वाली है। उनकी कामयाबी गांव की अन्य प्रतिभाओं और होनहार बच्चों के लिए प्रेरणा बनेगी।
बाराबंकी जनपद में मसौली और सफदरगंज थाना पुलिस की संयुक्त टीम ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए छह जिलों में वांछित गौ-तस्कर को मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार कर लिया। पुलिस की जवाबी फायरिंग में आरोपी घायल हो गया, जिसे इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। पुलिस के अनुसार, वांछित अपराधियों की तलाश में मसौली क्षेत्र के बड़ागांव स्टेडियम मोड़ और चन्दनपुरवा तिराहा के पास गश्त और चेकिंग की जा रही थी। इसी दौरान पुलिस को नेवला-करसण्डा (आईआईटी मार्ग) की ओर से एक संदिग्ध व्यक्ति के मोटरसाइकिल से आने की सूचना मिली। नाकाबंदी के दौरान पुलिस टीम ने संदिग्ध को रुकने का इशारा किया। हालांकि, आरोपी भागने लगा और खुद को घिरा देख पुलिस टीम पर फायरिंग कर दी। पुलिस ने आत्मरक्षा में जवाबी फायरिंग की, जिसमें आरोपी के पैर में गोली लगी और वह घायल होकर गिर पड़ा। घायल आरोपी की पहचान बकरीदी उर्फ गरीबा पुत्र स्व. हसन, निवासी बंजारनपुरवा (जमालपुर), थाना मसौली, जनपद बाराबंकी के रूप में हुई है। उसे तत्काल सीएचसी बड़ागांव में प्राथमिक उपचार के लिए भर्ती कराया गया। पुलिस ने आरोपी के कब्जे से एक अवैध .315 बोर तमंचा, एक जिंदा कारतूस, एक खोखा कारतूस और एक मोटरसाइकिल (UP 41 AK 5861) बरामद की है। बकरीदी थाना मसौली में दर्ज मुकदमा संख्या 53/2026 (धारा 303(2) बीएनएस व 3/5/8 गोवध निवारण अधिनियम) में वांछित था। उसके खिलाफ बहराइच, सीतापुर, बलरामपुर, श्रावस्ती, बाराबंकी और अन्य जिलों में करीब डेढ़ दर्जन से अधिक आपराधिक मामले दर्ज हैं। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि अपराधियों के खिलाफ यह अभियान लगातार जारी रहेगा। इस कार्रवाई से क्षेत्र में कानून-व्यवस्था बनाए रखने में मदद मिली है।
विदिशा में 4 अवैध कॉलोनियों पर चला बुलडोजर:बिना अनुमति काट रहे थे प्लॉट
विदिशा जिले में अवैध कॉलोनियों के खिलाफ प्रशासन ने सख्त कार्रवाई की है। कुरवाई क्षेत्र में चार अवैध कॉलोनियों पर बुलडोजर चलाकर निर्माण ध्वस्त कर दिए गए। यह कार्रवाई कलेक्टर अंशुल गुप्ता के निर्देश पर एसडीएम मनीष जैन के नेतृत्व में की गई। जिले में तेजी से फैल रही अवैध कॉलोनियों के कारण आम लोग ठगी का शिकार हो रहे थे। भू-माफिया खेतों को प्लॉट में बदलकर लोगों को आधुनिक सुविधाओं का सपना दिखाते थे, लेकिन हकीकत में सड़क, पानी और बिजली जैसी मूलभूत सुविधाएं न मिलने से प्लॉट खरीदने वाले परेशान होते थे। बिना अनुमति तैयार की जा रही थींप्रशासन की टीम ने बीना रोड और कैथौरा रोड पर विकसित की जा रही उन कॉलोनियों को निशाना बनाया, जो बिना किसी वैध अनुमति के तैयार की जा रही थीं। कार्रवाई के दौरान अवैध निर्माणों को जमींदोज कर दिया गया। कॉलोनाइजरों द्वारा बनाई गई सड़कें उखाड़ी गईं और नालियों को भी क्षतिग्रस्त कर दिया गया। एसडीएम मनीष जैन ने स्पष्ट किया कि टाउन एंड कंट्री प्लानिंग और रेरा की अनुमति के बिना कॉलोनी काटना पूरी तरह गैर-कानूनी है। उन्होंने बताया कि यह कार्रवाई अवैध उपनिवेशन पर रोक लगाने के उद्देश्य से की गई है और भविष्य में भी ऐसी कार्रवाई लगातार जारी रहेगी। प्रशासन ने आम जनता से अपील की कि वे आकर्षक विज्ञापनों के झांसे में न आएं। किसी भी कॉलोनी में प्लॉट खरीदने से पहले उसके डायवर्जन, स्वीकृति और अन्य जरूरी दस्तावेजों की जांच अवश्य करें, ताकि भविष्य में किसी भी परेशानी से बचा जा सके।
रायबरेली के खीरों क्षेत्र में बिजली विभाग की लापरवाही के खिलाफ ग्रामीणों ने विरोध प्रदर्शन किया है। कलुवा खेड़ा पावर हाउस से जुड़ी 11000 वोल्ट की जर्जर और लटकती बिजली लाइनें ग्रामीणों के लिए खतरा बनी हुई हैं। ग्रामीणों का आरोप है कि उन्होंने कई बार विभाग से शिकायत की है, लेकिन उनकी सुनवाई नहीं हो रही है। उनका कहना है कि संबंधित जूनियर इंजीनियर (JE) और बिजली विभाग के कर्मचारी फोन तक नहीं उठाते। जिससे विभागीय उदासीनता साफ दिखती है। एक्शन न होता तो हो सकता था नुकसान हाल ही में इलाके में एक शॉर्ट सर्किट के कारण आग लग गई थी। ग्रामीणों की सूझबूझ और तत्परता से आग पर समय रहते काबू पा लिया गया। जिससे एक बड़ा हादसा टल गया। ग्रामीणों ने बताया कि अगर समय पर एक्शन न लिया होता तो जान-माल का भारी नुकसान हो सकता था। इस घटना के बाद ग्रामीणों में आक्रोश है। उन्होंने विभाग से जर्जर बिजली लाइनों को तुरंत ठीक करने और जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि उनकी मांगों पर जल्द ध्यान नहीं दिया गया, तो वे आंदोलन करने को मजबूर होंगे।
कोटा में मरीजों में कोरोना जैसी खांसी:लंबे समय तक नहीं हो रही ठीक, एंटीबायोटिक्स का भी असर कम
मौसम बदलने के साथ ही शहर के अस्पतालों में मौसमी बीमारियों से जुडे़ मरीजों की संख्या बढ़ने लग गई। वहीं अस्पतालों में ऐसे मरीज पहुंच रहे हैं जिन्हें सर्दी जुकाम के साथ-साथ खांसी है और लंबे समय तक खांसी ठीक नहीं हो रही है। मरीजों को हो रही खांसी 15 दिन तक भी ठीक नहीं हो रही है। सरकारी और निजी अस्पतालों में बड़ी संख्या में ऐसे मरीज सामने आ रहे हैं, जिन्हें लंबे समय से खांसी, गले में खराश और सांस लेने में तकलीफ की शिकायत है। खास बात यह है कि सामान्य दवाइयों और एंटीबायोटिक्स का भी इन मरीजों पर कोई खास असर नहीं हो रहा है। खांसी का कोविड जैसा पैटर्न डॉक्टर दिलीप विजय के अनुसार इस बार खांसी का पैटर्न कोविड जैसा नजर आ रहा है, हालांकि केस रिपोर्ट नहीं है न ही उसका कोई असर है। लेकिन जैसे उस समय खांसी लंबे समय तक बनी रही थी वैसे ही अभी मरीजों में सूखी खांसी, छाती में जकड़न, कमजोरी और जल्दी थकान के लक्षण देखे जा रहे हैं। शहर के जिला अस्पतालों सहित विभिन्न स्वास्थ्य केंद्रों में खांसी और सांस संबंधी मरीजों की संख्या में लगातार इजाफा हो रहा है। देर से इलाज कराने पर संक्रमण ज्यादा ओपीडी में रोजाना बड़ी संख्या में मरीज जांच और उपचार के लिए पहुंच रहे हैं। कई मरीज लक्षणों को नजरअंदाज कर देर से अस्पताल पहुंचते हैं, जिससे संक्रमण ज्यादा हो जाता है और इलाज में लंबा समय लगता है। डॉक्टर्स का मानना है कि लगातार बनी रहने वाली खांसी के मामले में जांच जरूरी है क्योंकि कई मामलों में यह संक्रमण फेफड़ों तक पहुंच सकता है। ये लक्षण मरीजों में आ रहे सामने 2 से 4 सप्ताह से ज्यादा समय तक सूखी खांसी रहना, गले में खराश और जलन होना, सांस लेने में तकलीफ, छाती में जकड़न, कमजोरी और जल्दी थकान, कुछ मामलों में बुखार व फेफड़ों में संक्रमण के मरीज अभी सामने आ रहे हैं। डॉक्टर्स के अनुसार खांसी या सर्दी के लक्षण दिखने पर तुरंत जांच करवाना और डॉक्टर को दिखाना जरूरी है। बिना डॉक्टर की सलाह के एंटीबायोटिक्स लेने से बचें। ज्यादा एंटी बायोटिक्स का उपयोग करने के इनका असर भी शरीर पर कम होने लगता है। साथ ही बदलते मौसम में खानपान और दिनचर्या का ध्यान रखना जरूरी है।
श्री जीण माता का पांचवा विशाल भंडारा शनिवार को:पोस्टर का विमोचन हुआ, सांस्कृतिक कार्यक्रम भी होंगे
कोटपूतली के ग्राम सुदरपुरा ढ़ाढ़ा स्थित शहीद विक्रम सिंह नगर में 28 मार्च शनिवार को श्री जीण माता का 5वां विशाल भण्डारा एवं सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा। यह आयोजन सुबह 11 बजे से शुरू होगा।इस कार्यक्रम में गायक कलाकार गिरिराज लालवाड़ी एण्ड पार्टी द्वारा सांस्कृतिक प्रस्तुतियां दी जाएंगी। आयोजन से पहले, कार्यक्रम के पोस्टर का विमोचन किया गया। इस मौके पर राजनाथ महाराज कांसली, बिहारीदास महाराज नाड़ा धाम, धर्मपाल सिंह शेखावत दादोसा धाम कारोली, कोटपूतली विधायक हंसराज पटेल, विराटनगर विधायक कुलदीप धनकड़, बानसूर विधायक देवी सिंह शेखावत, भाजपा जयपुर देहात उत्तर जिलाध्यक्ष सुरेश बदलीवाल, भाजपा नेता मुकेश गोयल मौजूद रहे। वहीं, जिला महामंत्री एड. सुरेंद्र चौधरी, जिला उपाध्यक्ष विनोद सिंह, पूर्व जिला पार्षद धूड़ सिंह शेखावत, जिला अभिभाषक संघ अध्यक्ष एड. बजरंग लाल शर्मा, सुभाष घोघड़, कृषि उपज मंडी के पूर्व चेयरमैन महेश मीणा और पूर्व पार्षद तारा पूतली सहित कई गणमान्य व्यक्ति मौजूद रहे। इन सभी ने पोस्टर विमोचन के साथ जन संपर्क भी किया।
हरदा जिले के किसानों के लिए ग्रीष्मकालीन मूंग फसल की सिंचाई के उद्देश्य से तवा डैम से आज (शुक्रवार) नहर में पानी छोड़ना शुरू कर दिया गया। सुबह 9 बजे तवा नहर के एसडीओ एनएस सूर्यवंशी और किसान संघ के पदाधिकारी डैम पर पहुंचकर पूजन पाठ किया। इसके बाद डैम के बायीं तट से गेट खोलकर मुख्य नहर में पानी छोड़ा गया। जल संसाधन विभाग ने बताया कि हरदा जिले के किसानों को पानी मिलेगा। वहीं, 1 अप्रैल से नर्मदापुरम जिले के सिवनी मालवा क्षेत्र की रायगढ़, मकड़ई, भिलाड़िया और मिसरोद उपनहरों में पानी पहुंचेगा। 5 अप्रैल से इटारसी और नर्मदापुरम क्षेत्र की सुपरली, इटारसी और होशंगाबाद उपनहरों में पानी छोड़ा जाएगा। इसके अलावा पिपरिया शाखा नहर (सोहागपुर) के लिए दायीं तट मुख्य नहर से 8 अप्रैल से किसानों की मांग के अनुसार पानी उपलब्ध कराया जाएगा। पानी की उपलब्धताजल संसाधन विभाग के मुख्य अभियंता राजाराम मीना ने बताया कि वर्तमान में तवा बांध में कुल 865 एमसीएम पानी संग्रहित है, जिसमें से 771 एमसीएम पानी सिंचाई के लिए उपयोग किया जाएगा। यह कदम ग्रीष्मकालीन मूंग फसल की बेहतर उत्पादन क्षमता और किसानों की सिंचाई सुविधा सुनिश्चित करने के लिए उठाया गया है।
कोडरमा जिले में ठगों ने एक प्रवासी मजदूर को अपना निशाना बनाया है। जयपुर से काम कर घर लौट रहे मजदूर से दो युवकों ने झांसा देकर उसका पर्स, मोबाइल और बैग लूट लिया। यह घटना कोडरमा रेलवे स्टेशन के पास हुई। पीड़ित मजदूर की पहचान गिरिडीह के घोड़थम्बा निवासी आशीष कुमार के रूप में हुई है। आशीष ने बताया कि वह गुरुवार को जयपुर स्टेशन से अजमेर-सियालदह एक्सप्रेस में सवार हुआ था और शुक्रवार सुबह कोडरमा स्टेशन पहुंचा। स्टेशन से बाहर आने के बाद आशीष घोड़थम्बा जाने के लिए वाहन तलाश रहा था। तभी एक मोटरसाइकिल पर सवार दो युवक बस एजेंट बनकर उसके पास आए। उन्होंने आशीष से उसके घर का पता पूछा और अपनी गाड़ी से घोड़थम्बा चलने को कहा। आशीष के मना करने के बावजूद, दोनों युवकों ने उसे जबरन मोटरसाइकिल पर बिठा लिया और झुमरी तिलैया शहर में पूर्णिमा टॉकीज के पास ले गए। वहां पहुंचकर, ठगों ने अपना एक बैग और एक झोला आशीष को देते हुए कहा कि इसे यहीं रहने दो। इसके बाद, वे आशीष का बैग, पर्स और मोबाइल 'एंट्री' कराने के बहाने अपने साथ ले गए। काफी समय बीत जाने के बाद जब दोनों युवक वापस नहीं लौटे, तो आशीष ने आसपास के लोगों को अपनी आपबीती बताई। स्थानीय लोगों ने आशीष के पास छोड़े गए ठगों के बैग की जांच की, तो उसमें कुछ पुराने कपड़े मिले। इससे उन्हें तुरंत समझ आ गया कि आशीष के साथ ठगी हुई है। पीड़ित मजदूर अब तिलैया थाना में इस पूरे मामले की शिकायत दर्ज कराने की तैयारी कर रहा है। आशीष ने बताया कि उसके पर्स में 800 रुपए नकद थे, जबकि बैग में परिवार वालों के लिए खरीदे गए सामान और कपड़े थे। बताते चलें कि इसी तरह की एक अन्य घटना बीते 10 दिन पूर्व भी कोडरमा स्टेशन पर ही घटी थी, जहां मुम्बई से लौटे एक व्यक्ति से इसी प्रकार एक ठग ने ठगी की घटना को अंजाम दिया था। हालांकि पुलिस ने उक्त ठग को महज 10 घंटे के भीतर ही पकड़ लिया था।
सीकर में एक प्राइवेट फाइनेंस कंपनी के ऑफिस में 50 वर्षीय महिला के साथ अश्लील हरकत और मारपीट की गई। इतना ही नहीं आरोपी मैनेजर ने महिला के साथ गाली-गलौज कर अभद्रता भी की। आरोप है कि मैनेजर ने महिला को कमरे में बंद कर दिया और उसके दो बेटों को बंधक बनाने की भी कोशिश की। घटना के बाद पीड़िता ने पुलिस में शिकायत दर्ज करवाई है, जिस पर जांच शुरू कर दी गई है। दरअसल, 25 मार्च(बुधवार) महिला के दो बेटे किश्त जमा करवाने के लिए प्राइवेट फाइनेंस के ऑफिस गए थे। जहां पर फाइनेंस मैनेजर ने उनकी मां को बुलाया। इसके बाद अश्लीलता करते हुए कमरे में बंद करने की कोशिश की। फाइनेंस मैनेजर दोनों बेटों के साथ कर रहा था मारपीट महिला ने पुलिस में शिकायत देकर बताया कि 25 मार्च को उसके दो बेटे अपनी दो टैक्सियों की किश्त जमा करवाने के लिए प्राइवेट फाइनेंस कंपनी के ऑफिस पर गए थे। दोनों बुधवार को सुबह 9:30 बजे ऑफिस पहुंच गए थे। जहां पर कैशियर को किश्त का पैसा दे दिया। कैशियर ने उन्हें वहां पर बैठने को कहा। इसके बाद मैनेजर ने महिला के बेटे को बताया कि ईको गाड़ी की किश्त बकाया है, जो आपकी मां के नाम से है। इसलिए अपनी मां को यहां पर बुलाओ। दोनों बेटों ने मां को कॉल करके वहां पर बुलाया। करीब सुबह 10:30 बजे उनकी मां ऑफिस पहुंच गई। जहां पर उन्होंने देखा कि फाइनेंस मैनेजर उनके दोनों बेटों के साथ मारपीट कर रहा था और दोनों की टैक्सी को भी जब्त कर लिया। फिर कहने लगा कि ईको गाड़ी की किश्त जमा करवाने पर ही टैक्सी छोड़ी जाएगी। जब महिला ने बीच-बचाव करने की कोशिश की तो फाइनेंस मैनेजर ने उनके साथ भी मारपीट करना शुरू कर दिया और गंदी-गंदी गालियां देने लगा। महिला के कपड़ों से पर्स निकाला फर्श पर गिराया फिर मैनेजर ने महिला के कपड़ों से पर्स निकाला और उन्हें फर्श पर गिरा दिया। इस तरह मैनेजर ने महिला के साथ अश्लीलता की। इस दौरान महिला का एक मंगलसूत्र भी वहीं गिर गया। इतना ही नहीं मैनेजर ने महिला और उनके बेटों को बंधक बनाने की भी कोशिश की, लेकिन सभी वहां से बच निकले। फिलहाल पुलिस ने मुकदमा दर्ज करके जांच शुरू कर दी है।
एक बैंक खाते से 54 साइबर ठगी:देशभर में दर्ज शिकायतें, सांगवा मावली उदयपुर का आरोपी फरार
उदयपुर की डबोक थाना पुलिस ने एक बड़े साइबर ठगी गिरोह का खुलासा किया है। पुलिस जांच में सामने आया है कि कैनरा बैंक (पूर्व सिंडीकेट बैंक) के एक ही संदिग्ध खाते के खिलाफ देशभर में कुल 54 साइबर शिकायतें दर्ज हैं। पुलिस ने इस मामले में प्रकरण दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। थाना डबोक के सहायक उपनिरीक्षक मुकेश कुमार के नेतृत्व में गठित टीम ने साइबर क्राइम पोर्टल और हेल्पलाइन 1930 पर दर्ज शिकायतों की जांच के दौरान यह जानकारी जुटाई। जांच में पता चला कि खाता संख्या 120002954558 खेमली शाखा में मैसर्स पटेल डेयरी फर्म के नाम से खोला गया था। यह खाता उदयपुर के घासा थाना क्षेत्र के लावा तलाई, सांगवा निवासी बंशीलाल डांगी ने खुलवाया था। पुलिस को मिले बैंक स्टेटमेंट के अनुसार, 12 जुलाई 2024 से 18 जुलाई 2024 के बीच इस खाते में भारी मात्रा में संदिग्ध लेन-देन हुआ। विभिन्न स्थानों से रकम जमा की जाती थी और तुरंत RTGS, NEFT, IMPS और UPI के माध्यम से निकाल ली जाती थी। गोपनीय जानकारी के आधार पर पुलिस ने बताया कि शिकायतों के बाद से आरोपी बंशीलाल डांगी फरार है और लगातार छिपकर रह रहा है। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता 2023 की धारा 316(2) और 318(4) के तहत मामला दर्ज किया है। थानाधिकारी गोपाल नाथ के निर्देशन में मामले की गहन जांच जारी है। पुलिस आरोपी बंशीलाल डांगी की तलाश कर रही है।
गुमला जिला मुख्यालय से लगभग 19 किलोमीटर दूर स्थित आंजन धाम में रामनवमी को लेकर विशेष उत्साह है। इस स्थान को भगवान हनुमान की जन्मभूमि माना जाता है। रामनवमी के अवसर पर मंदिरों की साफ-सफाई के साथ ही सुबह से विशेष पूजा-अर्चना शुरू हो गई है। प्रमुख पुजारी बबलू मिश्रा ने बताया कि रामनवमी पर यहां विशेष मेला और भंडारे का आयोजन किया जाता है। इस दौरान हनुमान की माता अंजनी की विशेष पूजा होती है। बाल हनुमान की सामूहिक पूजा के साथ सुंदरकांड और हनुमान चालीसा का पाठ भी किया जाता है। कलश स्थापना के साथ दुर्गा पूजा होती है चैत्र नवरात्रि के दौरान भी यहां नौ दिनों तक कलश यात्रा और कलश स्थापना के साथ दुर्गा पूजा होती है। अष्टमी की रात को पूरे मंदिर परिसर में हजारों दीप प्रज्वलित कर दीपोत्सव मनाया जाता है। नवमी पर सुबह से 24 घंटे का हरि कीर्तन और कई धार्मिक अनुष्ठान किए जाते हैं। इस अवसर पर दर्जनों गांवों से सैकड़ों भक्त पारंपरिक वेशभूषा और हथियारों के साथ महावीर झंडा लेकर मेले में शामिल होते हैं। पूरा क्षेत्र भक्तिमय माहौल में सराबोर रहता है। यहां की एक खासियत यह भी है कि बड़ी संख्या में आदिवासी समुदाय के लोग भी यहां पहुंचकर पूजा-अर्चना करते हैं। देश-विदेश से भी श्रद्धालु यहां आते हैं मान्यता है कि यहीं पर भगवान हनुमान की माता अंजनी निवास करती थीं और एक गुफा में हनुमान का जन्म हुआ था। इसी कारण इस क्षेत्र का विशेष महत्व है। झारखंड ही नहीं, देश-विदेश से भी श्रद्धालु यहां दर्शन के लिए पहुंचते हैं। पहाड़ की चोटी पर स्थित यह मंदिर काफी पुराना है, जहां माता अंजनी बाल स्वरूप हनुमान को गोद में लिए विराजमान हैं। हालांकि यहां प्रतिदिन भक्तों की भीड़ रहती है, लेकिन महावीर जयंती और रामनवमी पर इस स्थान का विशेष महत्व होता है और भक्तों की संख्या कई गुना बढ़ जाती है। यहां की मान्यता यह भी है कि यहां पूर्व में कभी 365 तालाब, शिवलिंग, महुआ व बेल के पेड़ हुआ करते थे जिसकी माता अंजनी नित्य अलग-अलग जगह पर पहुंच कर पूजा किया करती थी। इसका आज भी प्रत्यक्ष गवाह देखने को मिलता है, जहां खेतों में बड़े-बड़े शिवलिंग पर महुआ के पेड़ और भारी संख्या में क्षेत्र में तालाब मिलते हैं। चारों ओर से यह क्षेत्र जंगल और पहाड़ों से घिरा हुआ है जो की और लोगों को सुकून व शांति देता है।
लखनऊ ठाकुरगंज स्थित संगत बाबा हजाराबाग उदासीन आश्रम में रामनवमी पूरी श्रद्धा के साथ मनाई गई। इस अवसर पर महामंडलेश्वर स्वामी हरि प्रकाश और महंत स्वामी हरेंद्र मुनि ने कन्या पूजन का भव्य आयोजन किया। कार्यक्रम में क्षेत्र के लोगों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। पूरे आश्रम परिसर में धार्मिक वातावरण बना रहा। कार्यक्रम की शुरुआत विधि-विधान से पूजा-अर्चना के साथ हुई, जिसमें भगवान श्रीराम का स्मरण करते हुए भक्तों ने मंगल कामनाएं की। इसके बाद कन्या पूजन की परंपरा निभाई गई, जिसमें छोटी बालिकाओं को देवी का स्वरूप मानकर उनका आदर-सत्कार किया गया। श्रद्धालुओं ने कन्याओं के चरण धोए, माथे पर तिलक लगाया और उन्हें फूल, चुनरी, प्रसाद तथा उपहार अर्पित किए। लोगों को समाज में बेटियों के महत्व को समझने और उन्हें सम्मान देने का संदेश दिया गया। कन्याएं समाज की अमूल्य धरोहर स्वामी हरि प्रकाश ने कहा कि कन्याएं समाज की अमूल्य धरोहर हैं और भविष्य में देश व समाज का नेतृत्व करेंगी। उन्होंने कहा कि उनकी शिक्षा, स्वास्थ्य और सुरक्षा सुनिश्चित करना हम सभी की प्राथमिक जिम्मेदारी है। समाज को बेटियों के उज्ज्वल भविष्य के लिए एकजुट होकर कार्य करना होगा और आवश्यकता पड़ने पर उनके जीवन के महत्वपूर्ण दायित्वों में भी सहयोग देना चाहिए। उन्होंने इसे नारी सशक्तिकरण, संस्कारों के संरक्षण और सशक्त राष्ट्र निर्माण की दिशा में एक सामाजिक आंदोलन बताया। स्वामी हरेंद्र मुनि ने कहा कि समाज में बेटियों का जितना सम्मान होगा समाज उतना ही सुखी रहेगा। बेटियों से ही हमारे समाज में शांति और खुशहाली है। जो समाज बेटियों को सम्मान और न्याय नहीं दे सकता वहां पर हमेशा अव्यवस्था रहती है। भारतीय संस्कृति में ही महिलाओं को देवी का रूप माना गया है और पूरा सम्मान मिलता है।
पोरसा में सब्जी दुकानों में लगी आग:दो दुकानों का लाखों का स्टॉक जलकर खाक, दमकल की मदद से बुझाई
मुरैना जिले के पोरसा थोक सब्जी मंडी में गुरुवार रात अचानक आग लग गई। आग में दो दुकानों का स्टॉक पूरी तरह जलकर राख हो गया। प्रभावित दुकानों में आलू, प्याज, लहसुन और मुंगफली का स्टॉक रखा था। आग के फैलने में प्लास्टिक की क्रेटें भी सहायक साबित हुईं, जिससे आग और भयंकर हो गई। मौके पर पहुंची दमकल टीम ने समय रहते आग पर काबू पाया, अन्यथा यह पूरी मंडी में फैल सकती थी। आग पोरसा कस्बे की थोक सब्जी मंडी में व्यापारी रामचरण सिंह कुशवाह और सुरेंद्र जाटव की दुकानों में लगी। आग लगने से दोनों व्यापारियों को लाखों रुपए का नुकसान हुआ। नुकसान का आकलन और जांचपोरसा थाना प्रभारी दिनेश कुशवाह के अनुसार, आग लगने का कारण अभी स्पष्ट नहीं हो पाया है। राजस्व टीम द्वारा व्यापारियों के नुकसान का आंकलन किया जा रहा है। पुलिस और राजस्व टीम मिलकर आग लगने की वजह की जांच कर रहे हैं।
उन्नाव जिले में एक सड़क हादसे में साइकिल सवार 70 वर्षीय बुजुर्ग की मौत हो गई। यह दुर्घटना नवाबगंज में कमला होटल के सामने उस समय हुई, जब एक तेज रफ्तार कंटेनर ने साइकिल सवार को टक्कर मार दी। टक्कर के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई और स्थानीय लोगों की भीड़ जमा हो गई। मृतक की पहचान सुहानी खेड़ा थाना आसीवन निवासी शिव बरन (70) पुत्र स्वर्गीय मुन्ना के रूप में हुई है। बताया गया कि शिव बरन किसी काम से साइकिल से जा रहे थे, तभी पीछे से आ रहे कंटेनर ने उन्हें टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि वे गंभीर रूप से घायल होकर सड़क पर गिर पड़े। आसपास मौजूद लोगों ने तुरंत पुलिस और एंबुलेंस को सूचना दी। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और घायल बुजुर्ग को उपचार के लिए अस्पताल भिजवाया। अस्पताल में डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। हादसे के बाद कंटेनर चालक वाहन छोड़कर मौके से फरार हो गया। पुलिस ने कंटेनर को कब्जे में लेकर चालक की तलाश शुरू कर दी है। शिव बरन गांव में खेती-किसानी कर अपने परिवार का भरण-पोषण करते थे। इसके अलावा, वे हड्डी से जुड़ी चोटों का जड़ी-बूटी से पारंपरिक इलाज भी करते थे, जिसके कारण आसपास के गांवों में उनकी पहचान एक देसी वैद्य के रूप में थी। उनकी मौत की खबर से परिवार और गांव में दुख का माहौल है। मृतक अपने पीछे दो बच्चों, एक बेटा और एक बेटी, को छोड़ गए हैं। परिजनों में दुख का माहौल है। ग्रामीणों ने बताया कि शिव बरन सरल स्वभाव के व्यक्ति थे और लोगों की मदद के लिए हमेशा तैयार रहते थे। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है।
कोटा में ट्रक ने आगे चल रहे ट्रेलर को टक्कर मार दी। हादसे में ट्रक ड्राइवर केबिन में फंसा गया। बड़ी मुश्किल से ट्रक ड्राइवर को बाहर निकाला गया। इलाज के दौरान ड्राइवर की निजी हॉस्पिटल में मौत हो गईं। ट्रक ड्राइवर बाबू हुसैन यूपी का रहने वाला था। घटना गुरुवार दोपहर की आरकेपुरम थाना क्षेत्र में बारां उदयपुर हाइवे की है। शुक्रवार को परिजनों की मौजूदगी में शव का पोस्टमार्टम हुआ। ट्रेलर ने अचानक ब्रेक लगाए आरकेपुरम थाना ASI खेमचंद चौधरी ने बताया- गुरुवार दोपहर 3 बजे के आसपास हाइवे पर हरे कृष्णा मंदिर के पास हादसा हुआ। यहां 18 टायरों का ट्रेलर चल रहा था। पीछे एक ट्रक था। ट्रेलर चालक ने अचानक ब्रेक लगा दिए। इससे पीछे आ रहा ट्रक अंबेलेन्स हो गया। ट्रेलर में जा घुसा। ट्रक में ड्राइवर व खलासी सवार थे। हादसे में ट्रक ड्राइवर केबिन में फंस गया। सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची। केबिन में फंसे ड्राइवर को बाहर निकाला। जांघ मे गंभीर चोट लगी खलासी उसे इलाज निजी हॉस्पिटल ले गया। वहां से फिर न्यू मेडिकल कॉलेज हॉस्पिटल लाए। ड्राइवर के जांघ पर गंभीर चोट लगी थी। इलाज के दौरान उसकी मौत हो गईं। आज ड्राइवर के परिजन यूपी के कोटा पहुंचे। मृतक ड्राइवर के भाई ने शिकायत दी है। इसमें बताया की बाबू ट्रक लेकर अहमदाबाद से गोरखपुर जा रहा था। आगे चल रहे ट्रेलर की लापरवाही से उसके भाई की मौत हुई है। मामले की जांच की जा रहे है।
भारतीय जनता पार्टी के शहर जिला उपाध्यक्ष व निवर्तमान पार्षद दीपेंद्र लालवानी का देर रात निधन हो गया। अचानक तबीयत बिगड़ने पर परिजन उन्हें तुरंत जवाहरलाल नेहरू (जेएलएन) अस्पताल लेकर पहुंचे। इलाज के दौरान उन्होंने दम तोड़ दिया। भाजपा जिला अध्यक्ष रमेश सोनी ने बताया- दीपेंद्र लालवानी को कार्डियक अरेस्ट आया था। इसके साथ ही उनके शरीर के कुछ अंगों ने काम करना बंद कर दिया था। अस्पताल में डॉक्टरों ने उन्हें बचाने के लिए सीपीआर भी दिया, लेकिन सभी प्रयास विफल रहे और इलाज के दौरान उनका निधन हो गया। तीन बार पार्षद रह चुके रमेश सोनी ने बताया कि दीपेंद्र लालवानी तीन बार पार्षद रह चुके थे। वर्तमान में भाजपा शहर जिला उपाध्यक्ष के पद पर कार्यरत थे। वे संगठन में सक्रिय और लोकप्रिय कार्यकर्ता माने जाते थे। दीपेंद्र लालवानी के आकस्मिक निधन से भाजपा संगठन और शहर में शोक की लहर है। वासुदेव देवनानी ने लिखा- व्यक्तिगत रूप से गहरा आघात पहुंचा राजस्थान विधानसभा अध्यक्ष वासुदेव देवनानी ने सोशल मीडिया पर शोक व्यक्त करते हुए लिखा- मेरे भाई दीपेंद्र लालवानी का आकस्मिक निधन अत्यंत दुखद है। उनके जाने से संगठन को अपूरणीय क्षति हुई है और मुझे भी व्यक्तिगत रूप से गहरा आघात पहुंचा है। उन्होंने ईश्वर से दिवंगत आत्मा की शांति एवं शोकाकुल परिवार को इस दुःख को सहन करने की शक्ति प्रदान करने की प्रार्थना की।
आगरा में सरसों की मड़ाई के दौरान दिल दहला देने वाला हादसा हो गया। थ्रेशर मशीन के पास तिरपाल पर लेटा 2 साल का मासूम अचानक मशीन की चपेट में आ गया, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। घटना गुरुवार शाम की है। हादसे के बाद परिवार में कोहराम मच गया और पूरे गांव में शोक की लहर दौड़ गई। हादसा थाना फतेहपुर सीकरी क्षेत्र के नगला मानसिंह गांव में हुआ। इकलौता बेटा था मानवनगला मानसिंह गांव निवासी आकाश अपने परिजनों के साथ खेत पर सरसों की मड़ाई कर रहे थे। उन्होंने अपने बेटे मानव को थ्रेशर के पास तिरपाल पर लिटा दिया था। इसी दौरान मशीन चलने से तिरपाल खिंचकर अंदर चला गया और उसके साथ बच्चा भी मशीन में फंस गया। जब तक मशीन रोकी गई, तब तक देर हो चुकी थी। परिजन खून से लथपथ बच्चे को बाहर निकालकर मदद के लिए दौड़े, लेकिन उसकी जान नहीं बच सकी। मानव अपने माता-पिता का इकलौता बेटा था, जिससे परिवार का रो-रोकर बुरा हाल है।
इंदौर में गुरुवार को दो अलग-अलग मामलों में सनसनी फैल गई। एक ओर रावजी बाजार क्षेत्र में उधारी के विवाद में युवक की उसके ही दोस्त ने चाकू मारकर हत्या कर दी, वहीं सराफा इलाके में एक महिला के साथ उसके परिचित द्वारा 18 लाख रुपए से ज्यादा की साइबर ठगी सामने आई है। उधारी के 3 लाख बने हत्या की वजह रावजी बाजार थाना क्षेत्र में कालू उर्फ फिरोल (निवासी पठान मोहल्ला) की हत्या उसके दोस्त अरबाज ने कर दी। घटना गुरुवार रात की है। पुलिस ने देर रात आरोपी को हिरासत में लेकर पूछताछ की, जिसमें उसने हत्या करना कबूल किया। डीसीपी आनंद कलादगी की टीम ने आरोपी को पकड़ा। पूछताछ में सामने आया कि कालू ने अरबाज से करीब 3 लाख रुपए उधार लिए थे, जिन्हें वह लंबे समय से वापस नहीं कर रहा था। इसी बात को लेकर दोनों के बीच विवाद चल रहा था। गुरुवार रात फिर पैसे को लेकर कहासुनी हुई, जिसके बाद गुस्से में आकर अरबाज ने चाकू मार दिया। पुलिस के मुताबिक, अरबाज सीसीटीवी कैमरे लगाने का काम करता है, जबकि कालू बेरोजगार था और जुए का आदी था। उधार की रकम भी उसने जुए में हार दी थी। पुलिस मामले में जल्द विस्तृत खुलासा करेगी। परिचित ने सिम लेकर महिला के खाते से उड़ाए 18 लाखवहीं सराफा थाना क्षेत्र में साइबर ठगी का मामला सामने आया है। सीतलामाता बाजार निवासी मनीषा बेड की शिकायत पर पुलिस ने एफआईआर दर्ज की है। महिला ने बताया कि उसके परिचित सुनील बुच्चा (निवासी जोरहाट, असम) ने उसके नाम से सिम कार्ड लिया और उसी के जरिए बैंकिंग जानकारी हासिल कर ली। आरोपी ने ऑनलाइन डराकर-धमकाकर और झांसे में लेकर करीब 18 लाख 9 हजार रुपए उसके खाते से अपने और रिश्तेदारों के खातों में ट्रांसफर कर लिए। टीआई राजकुमार लिटोरिया के मुताबिक, आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है। पुलिस अब ट्रांजेक्शन डिटेल्स और आरोपी की लोकेशन ट्रेस कर रही है।
राजस्थान पिछले पांच साल में हिरासत में हुई मौतों के मामले में देश के टॉप पांच राज्यों में शामिल है, जबकि 2025-26 में देश में दूसरे नंबर पर है। संसद में सवाल के जवाब में केंद्र ने बताया कि साल 2025- 26 में राजस्थान में 15 मार्च तक हिरासत में मौतों के 18 मामले सामने आ चुके हैं, बिहार में इस अवधि में 19 मौतें हुई हैं। इस तरह राजस्थान बिहार के बाद दूसरे नंबर पर है। साल 2021-22 से लेकर पिछले 5 साल में राजस्थान में हिरासत में मौतों के 51 मामले सामने आ चुके हैं। हिरासत में मौतों के मामले में राजस्थान में किसी अफसर,कर्मचारी के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की है। बीएपी सांसद राजकुमार रोत और दो अन्य सांसदों के हिरासत में मौतों से जुड़े सवाल के जवाब में केंद्रीय गृह राज्य मंत्री नित्यानंद राय ने बताया कि राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग (NHRC) से प्राप्त जानकारी के अनुसार राजस्थान सहित सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में हिरासत में हुई मौतों के मामलों में NHRC की अनुशासनात्मक कार्रवाई की सिफारिश पर पिछले पांच साल की अवधि में 1 अप्रैल 2021 से 15 मार्च 2026 तक में तमिलनाडु में केवल एक मामला दर्ज किया है। रोत ने पिछले पांच साल के दौरान देश में पुलिस हिरासत में हुई मौतों, गिरफ्तार किए गए और दोषी ठहराए गए पुलिसकर्मियों की संख्या का ब्यौरा मांगा था। 2025-26 में अचानक बढ़ा हिरासत में मौतों की आंकड़ा, 15 मार्च तक 18 मौतें राजस्थान में 5 साल में हिरासत में 51 मौतें हुई हैं। साल 2025-26 में 15 मार्च तक हिरासत में 18 मौतें हो चुकी हैं, जो पिछले पांच साल में सबसे ज्यादा है। साल 2020-21 में 13, साल 2022-23 में 04,2023-24 में 07 और 2024-25 में हिरासत में 09 मौतें हुई थी। साल 2025-26 में हिरासत में मौतों में बिहार पहले, राजस्थान दूसरे नंबर पर साल 2025- 26 में बिहार के बाद राजस्थान दूसरे नंबर पर है, 15 मार्च तक हिरासत में बिहार में 19 मौतें हुई है, बिहार देशभर में पहले नंबर पर और राजस्थान 18 मौतों के साथ दूसरे, उत्तर प्रदेश 15 मौतों के साथ तीसरे नंबर पर है। गुजरात, महाराष्ट्र और पंजाब में इस अवधि में हिरासत में 14-14 मौतें हुई है, तीनों राज्य हिरासत में मौतों के मामले में चौथे नंबर पर है। पांच साल में हिरासत में हुई मौतों में महाराष्ट्र पहले, राजस्थान पाचवें स्थान पर पिछले पांच साल में हिरासत में होने वाली मौतों के आंकड़ों में महाराष्ट्र एक नंबर पर है, जहां पांच साल में हिरासत में 101 मौतें हुई, दूसरे नंबर पर गुजरात है जहां 85 मौतें हुई। बिहार 85 मौतों के साथ तीसरे, उत्तर प्रदेश 56 मौतों के साथ चौथे और राजस्थन 51 मौतों के साथ पांचवें स्थान पर है। हिरासत में मौत होने पर 24 घंटे में NHRC को देनी होती है सूचना केंद्रीय गृह राज्य मंत्री के जवाब के मुताबिक, NHRC से जारी दिशा-निर्देशों के अनुसार पुलिस हिरासत या न्यायिक हिरासत में हुई हर मौत चाहे वह प्राकृतिक हो या किसी अन्य कारण से हो उसकी सूचना 24 घंटे के भीतर आयोग को देनी होती है। मानवाधिकार आयोग ने पोस्टमॉर्टम की वीडियो रिकॉर्डिंग के लिए भी दिशा-निर्देश जारी किए हैं और हिरासत में हुई मौतों में किसी भी प्रकार की लापरवाही या गलत इरादे या यातना की संभावना को खत्म करने के लिए शव परीक्षण फॉर्म का मॉडल प्रसारित किया है। पुलिस हिरासत या न्यायिक हिरासत में मौत के मामलों की जांच में किसी अफसर, कर्मचारी की लापरवाही उजागर होती है तो आयोग उसके खिलाफ कार्रवाई की सिफारिश करता है। इस मामले में दोषी पाए जाने वाले अफसर, कर्मचारियों के खिलाफ मौजूदा नियमों के हिसाब से कार्रवाई की जाती है। राजस्थान की जेलों में सजायाफ्ता कैदियों से 3 गुना ज्यादा विचाराधीन कैदी, पुरुष सबसे ज्यादा राजस्थान की जेलों में सजायाफ्ता कैदियों से तीन गुना ज्यादा विचाराधीन कैदी हैं। सांसद रोत के सवाल के जवाब में केंद्रीय गृह राज्य मंत्री ने बताया कि नेशनल क्राइम रिकॉर्ड ब्यूरो की रिपोर्ट के अनुसार 31 दिसंबर 2023 तक राजस्थान की जेलों में 5420 सजायाफ्ता कैदी और 17263 विचाराधीन कैदी थे। दोनों तरह के कैदियों में ज्यादातर संख्सा पुरुष कैदियों की है। सजायाफ्ता कैदियों में 5293 पुरुष कैदी, 126 महिला कैदी थे जबकि एक ट्रांसजेंडर कैदी था। विचाराधीन कैदियों में पुरुष 16799 और महिला कैदी 464 थी।
विधायक ने करवाई 2 अनाथ बेटियों की शादी:सर्वसमाज की पहल से गिरवी मकान भी छुड़वाया
करौली जिले के सपोटरा में 2 अनाथ बेटियों का विवाह सर्व समाज और स्थानीय विधायक हंसराज मीणा के सहयोग से संपन्न कराया गया। इस आयोजन में प्रशासनिक अधिकारियों, जनप्रतिनिधियों और विभिन्न सामाजिक संगठनों ने भी भागीदारी की। सोनम बैरवा और काजल बैरवा ने अपने माता-पिता और इकलौते भाई को खो दिया था। उनके पिता नरोती बैरवा का हाल ही में बीमारी से निधन हो गया, जबकि मां पानवाई का 6 साल पहले कैंसर से देहांत हो चुका था। जिससे परिवार की स्थिति अत्यंत कठिन हो गई थी। ऐसे में दोनों बेटियों के विवाह की व्यवस्था एक बड़ी चुनौती थी। सर्व समाज के लोगों ने की मददबेटियों की मदद के लिए सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल होने के बाद यह मामला सामने आया। इसके बाद सर्व समाज के लोग सहायता के लिए आगे आए। सूचना मिलने पर विधायक हंसराज मीणा स्वयं बेटियों के घर पहुंचे और उनके विवाह की जिम्मेदारी ली। उन्होंने विवाह की व्यवस्था के साथ-साथ 68,750 रुपए देकर परिवार के गिरवी मकान को भी कर्जमुक्त कराया। कलेक्टर, एसपी समेत कई अधिकारी हुए शामिलसपोटरा में आयोजित विवाह समारोह में जिला कलेक्टर नीलाभ सक्सेना, एसपी लोकेश सोनवाल, एएसपी गुमनाराम, एसडीएम पंकज बडगूजर और कैलादेवी डीएसपी मीना मीणा सहित कई प्रशासनिक अधिकारी मौजूद रहे। सभी ने कन्यादान कर नवविवाहित जोड़ों को आशीर्वाद दिया और उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। मैरिज गार्डन में हुए इस समारोह में सभी समाजों के लोगों ने एकजुट होकर विवाह की सभी रस्में पूरी कीं। समाजसेवियों, भामाशाहों, उद्योगपतियों और आमजन ने इस नेक कार्य में बढ़-चढ़कर सहयोग किया। यह आयोजन सामाजिक एकता और सहयोग की मिसाल बन गया है।
मंदसौर जिले के मल्हारगढ़ में यूपीए चेयरपर्सन सोनिया गांधी के स्वास्थ्य संबंधी खबरों के बाद कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने उनके शीघ्र स्वस्थ होने की कामना की। गुरुवार रात कचनारा स्थित खेड़ापति बालाजी मंदिर में हनुमान चालीसा का पाठ और पूजा-अर्चना की गई। यह आयोजन प्रदेश कांग्रेस सचिव परशुराम सिसौदिया और मल्हारगढ़ ब्लॉक कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष अनिल शर्मा के नेतृत्व में हुआ। इस दौरान कार्यकर्ताओं ने एकजुट होकर सोनिया गांधी के सकुशल होने की प्रार्थना की। मंदिर में उपस्थित कार्यकर्ताओं ने सामूहिक रूप से हनुमान चालीसा का पाठ किया और सोनिया गांधी के स्वास्थ्य लाभ के लिए विशेष प्रार्थना की। इस मौके पर बाबू भाई, नगर कांग्रेस अध्यक्ष किशोर उणियारा, सुभाष पाटीदार, मंडलम अध्यक्ष कैलाश बंगारिया, कन्हैयालाल गुर्जर, कन्हैयालाल पाटीदार (सूपड़ा), अनिल मूलासिया, सुनील भगत, पवन पाटीदार, पर्वतसिंह बोराना और राजेन्द्रसिंह चंगेरी सहित बड़ी संख्या में कांग्रेसजन एवं आमनागरिक उपस्थित रहे।
जालोर शहर के व्यस्त बाजार में स्थित भंडारियों के वास वाली गली में गुरुवार दोपहर चोरों ने सोनी समाज के ठाकुर जी मंदिर और जैन समाज के शिव मंदिर के ताले तोड़कर चोरी की। चोर ठाकुर जी मंदिर से भगवान ब्रह्मा और विष्णु के चांदी के मुकुट, छतर, हाथ के कड़े और दो चांदी की गाय समेत करीब 800 ग्राम ज्वेलरी ले गए। सूचना मिलने पर पुलिस ने मौका मुआयना कर अज्ञात बदमाशों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। दोपहर के समय सूने मंदिर में घुसे चोर सोनी समाज के राकेश सोनी ने बताया कि समाज के ठाकुर जी मंदिर में ब्रह्मा, विष्णु और महेश की मूर्तियां स्थापित हैं। गुरुवार दोपहर करीब 1 से 5 बजे के बीच जब मंदिर में कोई नहीं था, तब चोरों ने मुख्य गेट का ताला तोड़कर अंदर प्रवेश किया। शाम को जब स्थानीय लोगों ने मंदिर का दरवाजा खुला देखा तो उन्हें शक हुआ। लोगों ने तुरंत पुजारी और समाज के अन्य सदस्यों को इसकी जानकारी दी। भगवान के गहने और चांदी की मूर्तियां गायब मंदिर पहुंचने पर पुजारी और समाज के लोगों ने देखा कि भगवान विष्णु और ब्रह्मा जी के सिर पर सजे चांदी के मुकुट गायब थे। इसके अलावा हाथ के कड़े, छत्र और वहां रखी चांदी की दो छोटी गाय की मूर्तियां भी चोर ले उड़े। चोरों ने पास ही स्थित जैन समाज के शिव परिवार मंदिर के भी ताले तोड़े, लेकिन वहां से कोई सामान चोरी नहीं हो सका। वारदात के बाद पूरे इलाके में सनसनी फैल गई। पुलिस ने शुरू की मामले की जांच चोरी की सूचना मिलते ही पुलिस टीम भंडारियों के वास पहुंची और घटनास्थल का निरीक्षण किया। पुलिस ने मंदिर के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगालने शुरू कर दिए हैं ताकि चोरों का सुराग लगाया जा सके। सोनी समाज की ओर से दी गई रिपोर्ट के आधार पर पुलिस ने चोरी का केस दर्ज कर लिया है। शहर के बीचों-बीच स्थित मंदिर में दिनदहाड़े हुई इस घटना से स्थानीय व्यापारियों और श्रद्धालुओं में नाराजगी है।
भिवाड़ी के साथलका गांव में फैक्ट्री में काम करने वाले 47 साल के व्यक्ति को मकान मालिक के चाचा ने थप्पड़ मारा। जमीन पर गिरने से व्यक्ति के सिर में गंभीर चोट लगी। ज्यादा खून बहने से उसकी मौत हो गई। घटना में बिहार के भोजपुर स्थित पिरो थाना क्षेत्र के गांव रामनाथ टोला के रहने वाले देव कुमार की मौत हो गई। परिजनों की रिपोर्ट के आधार पर पुलिस जांच कर रही है। मृतक के बेटे सतेन्द्र कुमार ने बताया- पिता साथलका में काम करता था। कमरे पर रहता था। उसके बगल में एक महिला सिलाई का काम करती है। 24 मार्च की रात करीब 9.30 बजे पिता देव कुमार कोई कपड़ा सिलाने महिला के पास गए थे। उसने सिलाई करने से मना कर दिया। इसके बाद कमरे पर वापस आ गया। उसी समय मकान मालिक के बेटे ने कमरे में आकर पिता के साथ गाली-गलौच की। जब गाली गलौच का विरोध किया तो उसने जोरदार थप्पड़ जड़ दिया। इससे उसका पिता खुद को संभाल नहीं सके और पीछे पत्थर पर जाकर गिरे। सिर में गंभीर चोट लगी। गहरा घाव हो गया। इसके बाद मकान मालिक ने उनको भिवाड़ी के अस्पताल में भर्ती कराया। उसके बाद चचेरा भाई अस्पताल में पहुंचा। तब डॉक्टर ने मेरे पिता को अलवर रेफर कर दिया। जहां इलाज के दौरान मृत्यु हो गई।
उत्तर प्रदेश के कई शहरों में पेट्रोल खत्म होने की अफवाह के चलते पेट्रोल पंपों पर लंबी कतारें देखने को मिल रही हैं। लोग जल्दबाजी में पेट्रोल भरवाने के लिए पहुंच रहे हैं। हालांकि मेरठ में अब तक इस अफवाह का कोई खास असर देखने को नहीं मिला है। शहर के अधिकांश पेट्रोल पंपों पर स्थिति पूरी तरह सामान्य बनी हुई है। पेट्रोल पंप कर्मचारियों के अनुसार, यहां न तो भीड़ बढ़ी है और न ही लोगों में किसी तरह की अफरा-तफरी देखने को मिल रही है। रोजाना की तरह ही आम ग्राहक पेट्रोल भरवाने पहुंच रहे हैं। कर्मचारियों ने साफ कहा कि पेट्रोल की कोई कमी नहीं है और सप्लाई भी नियमित रूप से हो रही है। लोगों से अपील की गई है कि वे अफवाहों पर ध्यान न दें और बिना जरूरत घबराकर पेट्रोल भरवाने न पहुंचें। पेट्रोल पंप पर अभी किसी तरह की किल्लत नहीं है। पेट्रोल पम्प खाली हैं। सामान्य दिनों की तरह ही ग्राहकों को ट्रीट किया जा रहा है। यशलोक के पास स्थित पेट्रोल पंप पर आम दिनों की तरह ही पेट्रोल वितरण जारी मिला। पंप कर्मचारियों का कहना है कि स्टॉक की अभी कोई कमी नहीं है। कचहरी के पास स्थित पेट्रोल पंप पर भी अन्य दिनों की तरह स्थिति सामान्य थी। यहां मशीन कम होने के बाद भी भीड़ जैसे हालात नहीं थे। वहीं गंगानगर थाना क्षेत्र के राजपुरा गांव स्थित पेट्रोल पंप पर भी कुछ खास असर नहीं दिखा। मेरठ कॉलेज स्थित भारत पेट्रोलियम के पंप पर भी स्थिति सामान्य है। वहां लोग आराम से पेट्रोल ले रहे है। कोई अफरा तफरी का माहौल नहीं है। जिलाधिकारी डॉ वीके सिंह का कहना है की जिले में पेट्रोल ,डीजल और एलपीजी के स्टॉक में कोई कमी नहीं है। शहरवासियों को घबराने की कोई आवश्यकता नहीं है। उन्होंने चेतवानी देते हुए कहा की सोशल मीडिया के जरिए अफवाह फ़ैलाने वालों की निगरानी की जा रही है। यदि कोई पेट्रोल ,डीजल और एलपीजी की काला बाज़ारी करते हुए मिलता है तो उसके खिलाफ कारवाई की जाएगी।
राजस्थान यूनिवर्सिटी ऑफ हेल्थ एंड साइंसेज (RUHS) में अब मरीजों के लिए एलर्जी क्लिनिक की शुरूआत आज से की गई। आरयूएचएस के वाइस चांसलर डॉ. प्रमोद येवले ने आज इसका शुभारंभ किया। अब यहां आने वाले मरीजों को एलर्जी से संबंधित जांच और ट्रीटमेंट के लिए एसएमएस हॉस्पिटल या किसी प्राइवेट हॉस्पिटल जाने की जरूरत नहीं पड़ेगी। RUHS प्रदेश का दूसरा सरकारी संस्थान डॉक्टरों के मुताबिक एसएमएस हॉस्पिटल के बाद RUHS प्रदेश का दूसरा सरकारी संस्थान है, जहां एलर्जी की वैज्ञानिक और विस्तृत जांच की सुविधा उपलब्ध है। आरयूएचएस के प्रिंसिपल डॉ. विनोद जोशी और हॉस्पिटल अधीक्षक डॉ. अनिल गुप्ता ने बताया- अलग-अलग स्टडी के मुताबिक भारत में लगभग 20-30 प्रतिशत लोग किसी न किसी प्रकार की एलर्जी से प्रभावित हैं। इनमें एलर्जिक राइनाइटिस, अस्थमा, त्वचा से संबंधित एलर्जी और विभिन्न प्रकार के खाद्य पदार्थों से होने वाली एलर्जी प्रमुख हैं। बढ़ते वायु प्रदूषण, बदलती जीवनशैली, शहरीकरण, धूल-मिट्टी, पराग कणों की अधिकता और अन्य पर्यावरणीय कारणों के चलते इन रोगों की संख्या में निरंतर वृद्धि देखी जा रही है। 75 तरह की जांच की सुविधा ईएनटी के सीनियर प्रोफेसर डॉ. मोहनिश ग्रोवर ने बताया- इस एलर्जी क्लिनिक में कुल 75 प्रकार के एलर्जेन की जांच की सुविधा शुरू की है। इसमें धूल, विभिन्न प्रकार के पराग कण (राजस्थान पोलन कैलेंडर के अनुसार) तथा विभिन्न खाद्य पदार्थ शामिल हैं। सामान्यतः इस प्रकार की जांच प्राइवेट हॉस्पिटल या जांच केन्द्रों पर लगभग 4 से 5 हजार रुपए तक की होती है, जबकि आरयूएचएस में यह सुविधा मरीजों को फ्री उपलब्ध की जा रही है।
जयपुर के सोडाला स्थित रामनगर मेट्रो स्टेशन के नीचे शुक्रवार को हाई वोल्टेज ड्रामा हुआ। यहां ट्रैफिक पुलिसकर्मी और एक एडवोकेट के बीच चालान को लेकर विवाद हो गया। सोडाला एसएचओ बलवीर सिंह ने बताया- ट्रैफिक पुलिसकर्मी ने जांच के दौरान एडवोकेट को रोककर चालान की कार्रवाई करनी चाही। इसी बात को लेकर दोनों के बीच कहासुनी शुरू हो गई, जो देखते ही देखते बढ़कर हंगामे में बदल गई। वहीं, वकील ने आरोप लगाया कि पुलिसकर्मी ने उनके साथ बदतमीजी की। विवाद की सूचना मिलते ही मौके पर अन्य वकील भी पहुंच गए, जिससे माहौल और गर्मा गया। स्थिति बिगड़ती देख मौके पर मौजूद पुलिसकर्मियों ने हस्तक्षेप कर दोनों पक्षों को समझाइश कर मामला शांत करवाया। एसएचओ बलवीर सिंह ने बताया- आपसी समहमती के बाद दोनों पक्षों के बीच मामला सुलझ गया। इसको लेकर किसी प्रकार की शिकायत नहीं दी गई है। कहासुनी के दौरान लगे जाम को महज 10 मीनट बाद ही सुचारू करवा दिया गया था।
महेंद्रगढ़ जिले के नारनौल में गुरुवार देर शाम बस स्टैंड के पीछे बनी एक किराना के दुकानदार को ग्राहक से सामान के पैसे मांगना महंगा पड़ा। पैसे मांगने पर ग्राहक ने न केवल दुकानदार से मारपीट की, बल्कि कुछ लड़के बुलाकर दुकान का सामान भी बिखेर दिया। इस बारे में पीड़ित दुकानदार ने पुलिस में शिकायत दी है। मोहल्ला गुरुनानकपुरा की रेखा ने बस स्टैंड के पीछे यादव धर्मशाला के नजदीक एक किराना की दुकान की हुई है। उस दुकान पर रेखा का पति शुक्रवार शाम को बैठा हुआ था। इसी दौरान उस मोहल्ले का ही एक लड़का आया। राशि मांगने पर नहीं दी उस लड़के ने दुकानदार से सामान मांगा। जिसके बाद दुकानदार ने सामान निकालकर दे दिया। जिसके बाद दुकानदार ने उससे सामान के पैसे मांगे, तो उसने पैसे देने से मना कर दिया। जब दुकानदार ने उसको दुबारा कहा, तो वह उससे लड़ाई करने लगा। चार-पांच युवकों को बुलाया वहीं युवक ने फोन कर अन्य युवकों को बुला लिया। जिसके बाद चार-पांच युवकों ने आकर दुकानदार की पिटाई कर दी। वहीं दुकान में रखा सामान भी बिखेर दिया। जिस पर दुकानदार ने पुलिस में सूचना दी। लिखित में दी शिकायत मौके पर डायल 112 की गाड़ी पहुंची। दुकानदार ने अपनी बात पुलिस को बताई। इस पर पुलिस कर्मियों ने लिखित में थाने में शिकायत देने को कहा। जिसके बाद रेखा ने शहर थाना में लिखित में शिकायत देकर बदमाशों के खिलाफ कार्रवाई करने की मांग की है।
नर्मदापुरम में बुधनी रोड स्थित नर्मदा ब्रिज से नीचे शुक्रवार सुबह 52 वर्षीय दूध डेयरी संचालक कमलेश चौहान का शव मिला है। पंचवटी कॉलोनी निवासी कमलेश सुबह करीब 4 बजे परिजनों को बिना बताए घर से निकले थे और सुबह 8 बजे नदी के बीच पत्थरों पर उनकी लाश मिली। ब्रिज के ऊपर उनकी लावारिस बाइक और चप्पलें बरामद हुई हैं, जिससे प्राथमिक रूप से पुल से कूदकर जान देने की आशंका जताई जा रही है। देहात थाना पुलिस ने होमगार्ड सैनिकों की मदद से नाव के जरिए शव को बाहर निकालकर मर्ग कायम कर लिया है और विभिन्न बिंदुओं पर जांच कर रही है। सुबह 3.30 से 4 बजे के बीच बिना बताए निकले थे मृतक कमलेश चौहान हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी में चौहान दूध डेयरी का संचालन करते थे और वर्तमान में पंचवटी कॉलोनी में रहते थे। उनके परिजनों ने बताया कि कमलेश शुक्रवार सुबह 3.30 से 4 बजे के बीच बिना कुछ बोले घर से निकल गए थे। उनके अचानक जाने की वजह से परिजन लगातार उनकी तलाश कर रहे थे। 8 बजे मिली सूचना, नाव के जरिए पत्थर तक पहुंची टीम शुक्रवार सुबह 8 बजे पुलिस को ब्रिज से नीचे नर्मदा नदी में एक लाश पड़े होने की सूचना मिली। जानकारी लगते ही देहात थाने से एएसआई प्रवीण शर्मा, लक्ष्मण अमोले और मृतक के परिजन मौके पर पहुंचे। लाश ब्रिज से नीचे नदी के बीच में एक पत्थर पर पड़ी थी और उसके चारों तरफ पानी का तेज बहाव था। शव तक पहुंचने और उसे बाहर निकालने के लिए होमगार्ड सैनिकों को नाव का सहारा लेना पड़ा। एएसआई बोले- कूदकर जान देने की आशंका जांच अधिकारी एएसआई प्रवीण शर्मा ने बताया कि, मृतक कमलेश चौहान हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी में चौहान दूध डेयरी के संचालक थे। मूल रूप से बकतरा के रहने वाले थे। पुलिस के अनुसार, ब्रिज के ऊपर मृतक की बाइक लावारिस हालत में खड़ी मिली है और चप्पलें भी मौजूद हैं। इन परिस्थितियों को देखते हुए पुलिस को फिलहाल ब्रिज से कूदकर जान देने की आशंका है। पुलिस ने मर्ग कायम कर मामले की विस्तृत छानबीन शुरू कर दी है।
चंडीगढ़ के मेयर सौरभ जोशी के एक प्रोग्राम में शामिल होते समय पैर में मोच आ गई। इसके बाद उन्हें पांव में प्लास्टर चढ़ाना पड़ा है। हालांकि उन्होंने मोच के बावजूद भी अपने सारे प्रोग्राम अटेंड किए हैं। इस दौरान वह पैर में दुपट्टा बांधकर प्रोग्राम में शामिल होते रहे। मेयर का कहना है कि उनके लिए जनता पहले है। उन्होंने बताया कि वह निरंतर इसी तरह लोगों की सेवा में जुटे रहेंगे। जानकारी के मुताबिक राम नवमी के उपलक्ष्य में सेक्टर-30 में राम नवमी का प्रोग्राम था, जिसमें शामिल होने के लिए मेयर पहुंचे थे। इस दौरान अचानक उनका पैर मुड़ गया। उसमें मोच आ गई। लेकिन इस दौरान मेयर सीधे अस्पताल जाने की बजाय लोगों की सेवा में जुटे रहे। उन्होंने सारे प्रोग्राम पैर में दुपट्टा बांधकर अटेंड किए। अस्पताल में एक्सरे के बाद करवाई जांच इसके बाद मेयर शाम को वापस लौटते समय सेक्टर-16 जनरल अस्पताल पहुंचे, जहां डॉक्टरों ने तुरंत एक्स-रे किया और एहतियात के तौर पर उनके बाएं पैर पर प्लास्टर लगा दिया। मेयर का कहना है कि ईश्वर की कृपा और आप सभी के आशीर्वाद से अब मैं बेहतर महसूस कर रहा हूं। डॉक्टरों एवं अस्पताल स्टाफ का त्वरित उपचार के लिए धन्यवाद, फोन और संदेशों के माध्यम से चिंता व्यक्त करने वाले सभी शुभचिंतकों का हृदय से आभार। पैर पर प्लास्टर है, लेकिन जनसेवा का संकल्प पहले से भी मजबूत है। जनता की सेवा जारी रहेगी- इसे कोई नहीं रोक सकता।
चैत्र नवरात्रि की नवमी पर शुक्रवार को रायसेन में देवी मंदिरों और घरों में भक्तों ने हवन-पूजन किया। इस अवसर पर मां भगवती की विधि-विधान से पूजा-अर्चना की गई। भक्तों ने मंत्रों का जाप किया, जिससे पूरा माहौल भक्तिमय हो गया। मंदिरों में घंटे और शंख की ध्वनि से पवित्रता बढ़ गई। राम मंदिरों में भी श्रद्धालुओं ने दर्शन और पूजा-अर्चना की। श्रद्धालुओं ने कन्या पूजन भी किया। उन्होंने कन्याओं को भोजन कराया और दक्षिणा देकर आशीर्वाद प्राप्त किया। जिले के प्रमुख मंदिरों जैसे मां छोले वाली, कंकाली धाम और मां हिंगलाज में सुबह से ही भक्तों की भीड़ उमड़ी। महिलाएं, बच्चे और बुजुर्ग श्रद्धालु फूल, माला, अगरबत्ती, कपूर और नारियल लेकर मंदिरों में पहुंचे। उन्होंने मिश्र तालाब स्थित देवी मंदिर, खेड़ापति माता मंदिर और जिला न्यायालय परिसर के माता मंदिर में भी पूजा की और जल चढ़ाकर खीर-पुरी का भोग अर्पित किया।

