बिहार के प्रशासनिक और शैक्षणिक गलियारों से इस वक्त की एक बेहद बड़ी, सनसनीखेज और सुधारवादी खबर सामने आ रही है। राज्य की सरकारी शिक्षा व्यवस्था को पूरी तरह से दुरुस्त करने और भ्रष्टाचार व लापरवाही के खिलाफ जीरो टॉलरेंस (Zero Tolerance) की नीति अपनाते हुए बिहार के शिक्षा मंत्री ने एक बहुत बड़ा और कड़क एक्शन लिया है। विभाग में लंबे समय से चल रही अनियमिताओं और कर्तव्यों के प्रति घोर लापरवाही बरतने के गंभीर आरोपों में कुल छह बड़े शिक्षा अधिकारियों पर एक साथ गाज गिरी है। इस बड़ी कार्रवाई के तहत एक ब्लॉक शिक्षा अधिकारी (BEO) को तत्काल प्रभाव से सस्पेंड (निलंबित) कर दिया गया है, जबकि अन्य दागी और लापरवाह अधिकारियों की सीधे नौकरी से बर्खास्तगी (Dismissal) के लिए सक्षम प्राधिकार को कड़ी सिफारिश भेज दी गई है। एक वरिष्ठ प्रशासनिक रिपोर्टर के नजरिए से देखें तो इस ऐतिहासिक कार्रवाई ने पूरे सूबे के शिक्षा महकमे में हड़कंप मचा दिया है और कामचोर कर्मचारियों के हौसले पूरी तरह पस्त हो गए हैं।औचक निरीक्षण में खुली पोल: गायब मिले साहब और फाइलों में मिली भारी गड़बड़ीइस पूरे हाई-प्रोफाइल प्रशासनिक एक्शन की इनसाइड स्टोरी को समझें तो शिक्षा मंत्री के निर्देश पर विभाग की उच्च स्तरीय टीमों ने राज्य के विभिन्न जिलों और प्रखंडों (ब्लॉक्स) के शिक्षा कार्यालयों और सरकारी स्कूलों का अचानक औचक निरीक्षण (Surprise Inspection) किया था। इस विशेष चेकिंग अभियान के दौरान कई चौंकाने वाली हकीकतें सामने आईं। जांच टीम को पता चला कि कई अधिकारी बिना किसी पूर्व सूचना या आधिकारिक छुट्टी के अपने दफ्तरों से गायब थे, जिससे आम जनता और शिक्षकों के जरूरी काम हफ्तों से लटके पड़े थे। इसके अतिरिक्त, जब कार्यालयों के वित्तीय रिकॉर्ड, छात्रवृत्ति वितरण और मिड-डे मील से जुड़ी महत्वपूर्ण फाइलों को खंगाला गया, तो उनमें व्यापक स्तर पर वित्तीय अनियमितताएं और गंभीर कमियां पाई गईं। इसी पुख्ता जांच रिपोर्ट के आधार पर शिक्षा मंत्री ने सीधे एक्शन की फाइल पर अपनी मुहर लगा दी।एक बीईओ तत्काल प्रभाव से निलंबित, बाकी अधिकारियों को नौकरी से हटाने की पुरजोर तैयारीशिक्षा विभाग द्वारा जारी आधिकारिक आदेश के मुताबिक, कर्तव्य में लापरवाही बरतने, वरिष्ठ अधिकारियों के आदेशों की अवहेलना करने और अपने कार्यक्षेत्र में लगातार अनुपस्थित रहने के ठोस सबूत मिलने पर संबंधित ब्लॉक शिक्षा अधिकारी (BEO) को तुरंत सस्पेंड कर विभागीय मुख्यालय से अटैच कर दिया गया है। निलंबन अवधि के दौरान उनके खिलाफ विस्तृत विभागीय जांच (Departmental Inquiry) भी चलाई जाएगी। वहीं, अन्य पांच अधिकारियों का मामला इससे भी अधिक गंभीर पाया गया है। इन अधिकारियों पर सरकारी धन के दुरुपयोग, फर्जी दस्तावेज तैयार करने और लंबे समय से बिना किसी वैध कारण के ड्यूटी से नदारद रहने (Long Absenteeism) के संगीन आरोप सिद्ध हुए हैं। मामले की गंभीरता को देखते हुए शिक्षा मंत्री ने इन्हें सेवा से पूरी तरह बर्खास्त करने की अंतिम सिफारिश सामान्य प्रशासन विभाग और मुख्यमंत्री कार्यालय को भेज दी है।बिहार की भौगोलिक और सुदूर ग्रामीण शिक्षा व्यवस्था को सुधारने की बड़ी कवायदभौगोलिक और स्थानीय (Geographical Optimization) दृष्टिकोण से देखा जाए तो बिहार के सुदूर ग्रामीण इलाकों जैसे उत्तर बिहार और सीमांचल के जिलों में शिक्षा व्यवस्था की स्थिति हमेशा से एक बड़ी चुनौती रही है। प्रखंड स्तर के अधिकारियों (BEO) और जिला शिक्षा कार्यालयों की सुस्ती के कारण पटना मुख्यालय से जारी होने वाली जनकल्याणकारी योजनाएं धरातल पर सही समय से नहीं पहुंच पाती हैं। शिक्षा मंत्री की इस कड़क कार्रवाई का सीधा असर ग्रामीण क्षेत्रों के सरकारी स्कूलों पर पड़ेगा। स्थानीय स्तर पर इस कड़े संदेश से यह साफ हो गया है कि अब पटना से दूर बैठे अधिकारी भी अपनी जिम्मेदारी से बच नहीं सकते। राज्य सरकार ने सभी जिलाधिकारियों (DM) को भी निर्देश दिया है कि वे अपने-अपने क्षेत्रों में शिक्षा विभाग के कार्यों की नियमित समीक्षा करें और गड़बड़ी मिलने पर तुरंत रिपोर्ट भेजें।आधुनिक एआई सर्च और प्रशासनिक पारदर्शिता के लिहाज से क्यों महत्वपूर्ण है यह कदमआधुनिक जेनेरेटिव इंजन ऑप्टिमाइजेशन (AI सर्च) और डिजिटल मीडिया के बदलते ट्रेंड्स के लिहाज से 'Bihar Education Department Action' इस वक्त इंटरनेट पर तेजी से सर्च किया जा रहा है। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के नेतृत्व वाली सरकार राज्य में सुशासन और प्रशासनिक पारदर्शिता को लेकर लगातार कड़े कदम उठा रही है। शिक्षा मंत्री के इस हालिया फैसले को राज्य के सरकारी स्कूलों में पढ़ाई के स्तर को सुधारने और शिक्षकों व अधिकारियों की समय पर उपस्थिति सुनिश्चित करने के एक बड़े अभियान के रूप में देखा जा रहा है। शिक्षाविदों और आम जनता ने सरकार के इस साहसिक कदम का स्वागत किया है। अब देखना यह होगा कि इस कड़े हंटर के बाद बिहार की चरमराई शिक्षा व्यवस्था की रफ्तार में कितना बड़ा और सकारात्मक बदलाव देखने को मिलता है।
बेगूसराय के चकिया थाना क्षेत्र में एक महिला के साथ हुए गैंगरेप को लेकर राजनीतिक सरगर्मी काफी तेज है। घटना के विरोध में राष्ट्रीय जनता दल (RJD) ने सरकार के खिलाफ मोर्चा खोलते हुए जिला मुख्यालय में कैंडल मार्च निकाला। राजद जिलाध्यक्ष मोहित यादव के नेतृत्व में आयोजित इस मार्च में बड़ी संख्या में नेता और कार्यकर्ता शामिल हुए। कैंडल मार्च जिला मुख्यालय के कैंटीन चौक से शुरू हुआ। इसके बाद कार्यकर्ता सरकार विरोधी नारे लगाते हुए नवाब चौक, नगर निगम चौक, हड़ताली चौक, थाना चौक और कचहरी चौक से होते हुए कैंटीन चौक पहुंचे। इस दौरान कार्यकर्ताओं ने हाथों में मोमबत्तियां लेकर सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। बोले- बेगूसराय की घटना ने पूरे बिहार को शर्मसार किया प्रदर्शनकारियों ने बलात्कारियों को संरक्षण देने वाली सरकार इस्तीफा दो, गैंग रेप पीड़िता को न्याय दो, दुष्कर्मियों को फांसी दो जैसे नारे बुलंद किए। मौके पर जिलाध्यक्ष मोहित यादव ने कहा कि इस घटना ने बेगूसराय सहित पूरे बिहार को शर्मसार कर दिया। वर्तमान सरकार में बहू-बेटियों को सुरक्षित बचाना मुश्किल हो गया है। बिहार में इस समय अपराधियों का शासन चल रहा है। दुष्कर्म पीड़िता को न्याय दिलाने के लिए राजद लगातार आंदोलन चलाएगा। स्पीडी ट्रायल कराकर दोषियों को फांसी की सजा देने तक राजद का प्रदर्शन रुकने वाला नहीं है। राजद नेता बोलीं- एनडीए सरकार में महिलाएं असुरक्षित राजद नेत्री रानी राउत ने कहा कि वर्तमान सरकार में महिलाएं बिल्कुल भी सुरक्षित नहीं हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि जिस राज्य के मुख्यमंत्री स्वयं कानून-व्यवस्था बनाए रखने में विफल हों, वहां महिलाओं का सुरक्षित रहना असंभव है। सरस्वती देवी ने कहा कि बेटी पढ़ाओ-बेटी बचाओ का नारा पूरी तरह से झूठा साबित हो रहा है। उन्होंने कहा कि महिलाओं के सम्मान के लिए पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी ने हमेशा लड़ाई लड़ी है। उन्हीं के आह्वान पर सभी कार्यकर्ता सड़कों पर उतरे हैं। महिलाओं के सम्मान की यह लड़ाई आगे भी जारी रहेगी। कैंडल मार्च में किसान सेल के जिलाध्यक्ष त्रिभुवन कुमार पिंटू, प्रखंड अध्यक्ष कैलाश यादव एवं प्रखंड अध्यक्ष सहजानंद यादव सहित बड़ी संख्या में कार्यकर्ता उपस्थित थे।
भरत भूषण तिवारी की पुलिस मुठभेड़ से बिहार की सियासत में खलबली मची हुई है। बिहार के भोजपुर जिले में 26 वर्षीय भरत भूषण तिवारी की पुलिस मुठभेड़ में हुई मौत को लेकर राजनीतिक और सामाजिक विवाद गहरा गया है। मामला सुप्रीम कोर्ट पहुंच गया है। विपक्ष पर ...
प्रतापगढ़ में लालगंज के युवा इंजीनियर अभिनव मिश्रा ने बिहार लोक सेवा आयोग (बीपीएससी) की परीक्षा में सफलता हासिल कर डीएसपी पद पर चयन प्राप्त किया है। आयोग द्वारा जारी परिणाम में उन्हें 17वीं रैंक मिली है। सोमवार को घर पहुंचने पर अभिनव का स्वागत किया गया। पिता प्रधानाध्यापक, मां भी शिक्षा विभाग से जुड़ीं अभिनव मिश्रा लालगंज नगर पंचायत में स्टेट बैंक ऑफ इंडिया के सामने रहते हैं। उनके पिता सुधीर कुमार मिश्रा बेसिक शिक्षा विभाग में प्रधानाध्यापक हैं, जबकि माता कविता मिश्रा शिक्षा से जुड़े कार्यों का प्रबंधन करती हैं। यह परिवार मूल रूप से लक्ष्मणपुर ब्लॉक के चंदापुर गांव का निवासी है। अभिनव ने अपनी प्रारंभिक शिक्षा लालगंज से प्राप्त की। इसके बाद उन्होंने कानपुर के सीएम इंटर कॉलेज, काकादेव से इंटरमीडिएट की पढ़ाई पूरी की। उन्होंने एमएनआईटी इलाहाबाद से बीटेक की डिग्री हासिल की। इंजीनियरिंग के बाद अभिनव ने सिविल सेवा की तैयारी शुरू की और निरंतर प्रयास से यह मुकाम पाया। परिवार सहित गांव के लोगों ने दी बधाई अभिनव की इस उपलब्धि पर परिवार के साथ-साथ क्षेत्र के गणमान्य लोगों और मित्रों ने भी उन्हें शुभकामनाएं दीं। उनके चयन से लालगंज और प्रतापगढ़ का गौरव बढ़ा है। यह सफलता प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे युवाओं के लिए प्रेरणा का स्रोत बनी है। अभिनव ने अपनी सफलता का श्रेय माता-पिता के आशीर्वाद, समयबद्ध अध्ययन और निरंतर परिश्रम को दिया। उन्होंने कहा कि कोई भी लक्ष्य कठिन हो सकता है, लेकिन असंभव नहीं। नियमित पढ़ाई और धैर्य के साथ किया गया प्रयास सफलता तक जरूर पहुंचाता है। अभिनव की सफलता पर परिवार के साथ-साथ क्षेत्र के लोगों ने भी खुशी जाहिर की। इस अवसर पर उनके चाचा अवनींद्र कुमार मिश्रा, ज्ञानेंद्र कुमार मिश्रा, जितेंद्र कुमार मिश्रा, चाची नीलम मिश्रा, संगीता मिश्रा, बड़े भाई इंजीनियर संदीप कुमार मिश्रा, भाभी डॉ. प्रतिमा मिश्रा, बहन डॉ. प्रिया मिश्रा, तनीषी मिश्रा, शुभम मिश्रा, सौरभ मिश्रा, डॉ. जातिन मिश्रा, ज्योति मिश्रा, शालिनी मिश्रा, मुकुंद मिश्रा एवं अर्चना शुक्ला उपस्थित रहे। इसके अतिरिक्त शुभकामनाएं देने वालों में अजीत शुक्ला, अभिषेक पांडेय, पंकज मिश्रा एडवोकेट, सोमनाथ मिश्रा एडवोकेट, अंजनी कुमार मिश्रा एडवोकेट, सुधाकर शुक्ला, चंद्र प्रकाश मिश्रा, राजकुमार सिंह, राजेश मिश्रा, सूर्य प्रकाश मिश्रा, अभिषेक शुक्ला, अभिषेक सिंह, मनोज तिवारी सहित बड़ी संख्या में क्षेत्र के गणमान्य नागरिक, शुभचिंतक एवं मित्रगण मौजूद रहे।
जयपुर में रोड किनारे पड़ा मिला शव:25 फीट की ऊंचाई से गिरने से मौत की आशंका, बिहार का रहने वाला था
जयपुर में सोमवार सुबह एक व्यक्ति का शव मिलने से सनसनी फैल गई। 25 फीट ऊंची दीवार के पास सड़क किनारे उसका शव पड़ा मिला। जयसिंहपुरा खोर थाना पुलिस ने पोस्टमॉर्टम के लिए शव को एसएमएस (SMS) हॉस्पिटल की मॉर्च्युरी में रखवाया है। पुलिस की प्राथमिक जांच में सामने आया है कि करीब 25 फीट की ऊंचाई से नीचे गिरने के कारण उसकी मौत हुई है। थानाधिकारी (SHO) मुकेश कुमार ने बताया कि मृतक की पहचान बिहार के वैशाली निवासी अरविंद कुमार ठाकुर (45) के रूप में हुई है। वह ब्रह्मपुरी इलाके में रहकर मजदूरी करता था और नशा करने का आदी था। रविवार को वह मजदूरी करने गया था, जिसके बाद वापस घर नहीं लौटा। सोमवार सुबह करीब 7 बजे मानबाग चौराहा स्थित सुंदर नर्सरी के पास सड़क किनारे उसका शव मिला। एक राहगीर से सूचना मिलने पर जयसिंहपुरा खोर थाना पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने मौका-मुआयना कर शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भिजवाया। पुलिस का अनुमान है कि मानबाग चौराहे से ऊपर चढ़ते समय रात के अंधेरे में अरविंद को रास्ता नजर नहीं आया और वह 25 फीट ऊंची दीवार से नीचे गिर गया। नीचे पड़े पत्थरों पर गिरने से आई गंभीर चोटों के कारण उसकी मौत हो गई।
1.25 लाख का इनामी लल्लन सिंह एनकाउंटर में ढेर, 7 हत्याओं का आरोपी था बिहार का कुख्यात बदमाश
उत्तर प्रदेश पुलिस का अपराधियों के सफायें को लेकर ठोंको अभियान चल रहा है। जिसके चलते सोमवार की सुबह भोर की किरण निकलने से पहले ही बिहार का कुख्यात अपराधी और 1.25 लाख रुपये का इनामी बदमाश लल्लन सिंह पुलिस मुठभेड़ में मारा गया।
सोनीपत जिले में पुलिस ने निर्माणाधीन मकान से बिजली के तार, मोटर और केमिकल ड्रम चोरी करने के आरोप में 2 लोगों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों को कोर्ट में पेश कर पुलिस रिमांड पर लिया गया है। गिरफ्तार किए गए आरोपियों की पहचान बाला पुत्र नथनी निवासी दरभंगा, बिहार (वर्तमान में अग्रसेन चौक, मुरथल रोड, सोनीपत) और रोहित पुत्र शंभू सिंह निवासी अरहरिया, बिहार (वर्तमान में फौजी कॉलोनी, सोनीपत) के रूप में हुई है। यह मामला 12 अप्रैल 2026 को प्रेम सिंह पुत्र सुखदेव निवासी वेस्ट राम नगर, सोनीपत की शिकायत पर दर्ज किया गया था। प्रेम सिंह ने बताया कि वे सेक्टर 23, सोनीपत में अपना नया मकान बनवा रहे हैं। लगभग एक सप्ताह पहले वे मकान पर ताला लगाकर सोनीपत से बाहर गए थे। कोर्ट में पेश करके रिमांड पर लिया जब वे वापस लौटे, तो उन्होंने पाया कि मकान से बिजली के तार, एसी के 2 आउटडोर से मोटर और अन्य केमिकल ड्रम चोरी हो गए थे। इस संबंध में थाना शहर सोनीपत में भारतीय न्याय संहिता की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया था। थाना शहर सोनीपत की अनुसंधान टीम में नियुक्त उप निरीक्षक वेदवीर ने अपनी टीम के साथ कार्रवाई करते हुए इन दोनों आरोपियों को गिरफ्तार किया। उन्हें 20 जून 2026 को कोर्ट में पेश किया गया, जहां से उन्हें 2 दिन के पुलिस रिमांड पर लिया गया है।
राजगीर में चोरी के शक में मॉब लिंचिंग के शिकार हुए दो दलित युवकों पिंटू और श्रवण के परिजनों से आज पूर्णिया सांसद पप्पू यादव ने मुलाकात की। दीपनगर थाना क्षेत्र के गंजपर गांव पहुंचे पप्पू यादव ने पीड़ित परिवारों से मिलकर दुख साझा किया और राज्य की कानून व्यवस्था पर जमकर भड़ास निकाली। उन्होंने इस दोहरे हत्याकांड को लेकर सरकार और प्रशासन को कटघरे में खड़ा करते हुए सवाल किया कि क्या बिहार में दलित, पासवान या यादव होना कोई गुनाह है? 'जाति पूछकर की जा रही है हत्या' सांसद पप्पू यादव ने कहा कि आज भी गरीबों और दलितों को सही मायने में आजादी नहीं मिली है। राजगीर और नगर नौसा की घटनाओं का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि राज्य में लोगों को उनकी जाति पूछकर मारा जा रहा है। उन्होंने आक्रोश जताते हुए कहा कि अगर भूख मिटाने के लिए किसी ने चोरी कर भी ली, तो क्या किसी को उसे पीट-पीटकर मार डालने का अधिकार मिल जाता है? दलित समाज अपना वोट भाजपा और जदयू को देता है, लेकिन बदले में उन्हें न्याय नहीं मिलता। भीड़ में 15 लोग शामिल थे, लेकिन पुलिस ने मात्र 4 लोगों को पकड़ा है। 'सिस्टम हो चुका है कोलैप्स, कोई सुनने वाला नहीं' कानून व्यवस्था पर सवाल खड़े करते हुए पप्पू यादव ने कहा कि बिहार का सिस्टम पूरी तरह कोलैप्स (ध्वस्त) कर चुका है और हर तरफ गुंडाराज कायम है। आरा के भरत तिवारी एनकाउंटर का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि इस मामले में पूरी बीजेपी मैदान में उतर गई है, लेकिन जब दलित, यादव या मुसलमानों के एनकाउंटर होते हैं, तो कोई कुछ नहीं बोलता। महिलाओं के साथ हो रहे अत्याचारों पर भी उन्होंने पुलिस-प्रशासन की कार्यशैली पर गंभीर सवाल उठाए। आर्थिक मदद और न्याय की लड़ाई का ऐलान सांसद ने अपनी ओर से दोनों मृतक युवकों के परिजनों को तत्काल 25-25 हजार रुपये की नकद आर्थिक सहायता दी। इसके साथ ही, उन्होंने एक मृतक की बच्ची की जीवन भर की पढ़ाई और उसकी शादी का पूरा खर्च उठाने का ऐलान किया। पप्पू यादव ने चेतावनी दी कि अगर पीड़ित परिवार को इंसाफ नहीं मिला, तो वे सड़क पर उतरकर जोरदार धरना-प्रदर्शन करेंगे और जरूरत पड़ने पर न्याय के लिए हाई कोर्ट का दरवाजा भी खटखटाएंगे।
किशनगंज शहर के खगड़ा स्थित स्टेडियम में रविवार को 2025 बैच के प्रशिक्षु सिपाहियों का दीक्षांत समारोह सह पासिंग आउट परेड आयोजित किया जा रहा है। नौ माह के कठिन प्रशिक्षण को सफलतापूर्वक पूरा करने के बाद कुल 206 प्रशिक्षु सिपाही अब बिहार पुलिस का हिस्सा बनेंगे। पासिंग आउट परेड के बाद सभी नवप्रशिक्षित जवानों को उनके नामित जिलों में तैनात किया जाएगा। वहां वे कानून-व्यवस्था बनाए रखने, अपराध नियंत्रण और आम लोगों की सुरक्षा की जिम्मेदारी निभाएंगे। नौ माह के प्रशिक्षण के बाद मिलेगा पूर्ण पुलिस का दर्जा प्रशिक्षण पूरा करने वाले जवानों के लिए यह दिन बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है। दीक्षांत समारोह के बाद उन्हें पूर्ण पुलिसकर्मी का दर्जा प्रदान किया जाएगा। पिछले नौ महीनों के दौरान प्रशिक्षु सिपाहियों को पुलिस सेवा से जुड़े विभिन्न विषयों की गहन जानकारी दी गई। प्रशिक्षण में जिला पुलिस बल और बिहार विशेष सशस्त्र पुलिस बल के प्रशिक्षकों ने जवानों को तैयार किया। पासिंग आउट परेड से जुड़ी तस्वीरें देखिए… खगड़ा स्टेडियम में तैयारियां पूरी दीक्षांत समारोह को लेकर जिला पुलिस प्रशासन की ओर से व्यापक तैयारियां की गई हैं। खगड़ा स्टेडियम को आकर्षक तरीके से सजाया गया है। सुरक्षा व्यवस्था के साथ-साथ अन्य सभी तैयारियों को अंतिम रूप दिया गया है। सदर अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी (एसडीपीओ-1) खुसरू सिराज ने स्वयं स्टेडियम पहुंचकर तैयारियों का जायजा लिया और अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। वरिष्ठ अधिकारी होंगे शामिल दीक्षांत समारोह में पूर्णिया प्रक्षेत्र के पुलिस महानिरीक्षक, जिला पदाधिकारी विशाल राज, पुलिस अधीक्षक संतोष कुमार सहित कई वरिष्ठ प्रशासनिक और पुलिस अधिकारी मौजूद रहेंगे। समारोह के दौरान प्रशिक्षु सिपाही अनुशासन, परेड और प्रशिक्षण के दौरान सीखे गए कौशल का प्रदर्शन करेंगे। कानून से लेकर हथियार संचालन तक दी गई ट्रेनिंग प्रशिक्षण के दौरान जवानों को पुलिस सेवा के हर पहलू की जानकारी दी गई। इसमें भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस), भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (बीएनएसएस), भारतीय साक्ष्य अधिनियम (बीएसए), कंप्यूटर ज्ञान, सोशल मीडिया का उपयोग, यातायात प्रबंधन, हथियार संचालन और पुलिस नियमों की जानकारी शामिल रही। इसके अलावा ड्रिल, दौड़, फील्ड क्राफ्ट, बैटल क्राफ्ट, अग्निशमन, प्राथमिक उपचार, दंगा नियंत्रण, पीटी, परेड और ड्यूटी के दौरान अनुशासन व व्यवहार संबंधी प्रशिक्षण भी दिया गया। जिम्मेदारी संभालने को तैयार नए जवान पासिंग आउट परेड के बाद ये सभी जवान अपने-अपने तैनाती वाले जिलों में योगदान देंगे। पुलिस विभाग को नए प्रशिक्षित जवान मिलने से कानून-व्यवस्था को और मजबूत करने में मदद मिलेगी। प्रशासन का कहना है कि आधुनिक प्रशिक्षण से लैस ये जवान जनता की सेवा और सुरक्षा के लिए पूरी तरह तैयार हैं।
पूर्णिया सांसद राजेश रंजन उर्फ पप्पू यादव आज बेगूसराय सदर अस्पताल पहुंचे। यहां उन्होंने गैंगरेप पीड़िता से मुलाकात की, पीड़िता और उसके परिजनों से घटनाक्रम की पूरी जानकारी ली। इसके बाद संबंधित डॉक्टर, नर्सिंग स्टाफ और सिविल सर्जन से भी पूरी घटना के संबंध में जानकारी ली और आवश्यक निर्देश दिए। पत्रकारों से बात करते हुए पप्पू यादव ने कहा कि नेता गरीबों को कुत्ता समझते है। 5 किलो अनाज देकर गरीबों का रेप हो रहा है। पहले थानेदार को सस्पेंड क्यों नहीं किया गया। आरा में गलक तरीके से भरत तिवारी का एनकाउंटर हुआ। इसको लेकर हम बिहार बंद करेंगे। सांसद ने कहा है कि यह घटना निर्भया और मणिपुर सहित सभी घटनाओं से अधिक शर्मशार करने वाली है। देशभर के एक्टिविस्ट को इस बच्ची के लिए आना चाहिए। दिल्ली में बैठे बड़े-बड़े यूट्यूबर और मालिक हैं, यहां नहीं आने वाले ऐसे लोगों को चुल्लू भर पानी में डूब कर मर जाना चाहिए। देश से बहुत पहले खत्म हुई इंसानियत पप्पू यादव ने कहा कि देश तो बहुत पहले गुलाम हो चुका है। 1 साल के बाद देश में संविधान न बचेगा न मानवता बचेगा, ना अधिकार बचेगा और न ही विचार बचेगा। इंसानियत तो बहुत पहले ही इस देश के लिए खत्म हो चुकी है। मात्र एक प्रतिशत लोगों के लिए आजादी है। भारत के आजादी का मतलब बचा है सिर्फ सांस लेना। सांस लेना ही हमारी आजादी है। गरीब तो 100 साल पहले से मुर्दा है, 72 करोड़ लोगों के शरीर पर कपड़ा नहीं है। दलित, गरीब, ईबीसी, निषाद, पासवान, राम को कोई देखने वाला नहीं है। इसकी बात कोई नहीं करता है। राजगीर में मंदिर में चोरी के नाम पर पासवान के इकलौते बेटे को मार दिया गया, इस पर कोई नहीं बोलने वाला है। माफिया चलाते हैं थाना, गरीब को नहीं मिलता है न्याय कभी नहीं सुना है कि इस देश में गरीबों को न्याय मिला है। गरीबों को तो नेता कुत्ता की तरह समझते हैं, चार रोटी दे दो, कह दो कि तुम्हारी जिंदगी का मतलब सिर्फ चार रोटी है। तुमको हम 5 किलो अनाज दे रहे हैं, तुम बलात्कार करवाते रहो, यह क्रिमिनल का जन्मसिद्ध अधिकार है, नेताओं और माफियाओं का अधिकार है। 3 महीना पहले बेगूसराय की इस बेटी के साथ बलात्कार किया गया। पांच बार थाना में आवेदन दिया गया। थानेदार को गांजा, ड्रग्स, जमीन माफिया, बालू माफिया से फुर्सत ही नहीं है। यह लोग पैसा वसूली करते हैं। सभी लोग थाना में पैसा लेकर ऊपर तक पहुंचाते हैं, बिना पैसा दिए कोई नहीं आएगा। जमीन माफिया, बालू माफिया, ड्रग्स माफिया, दवाई माफिया मिल करके थाना चलाते हैं। पहले क्यों नहीं सस्पेंड किए गए थानेदार थाना में कभी न्याय नहीं मिलेगा, थाना में माफिया और दादा को न्याय मिलता है, गरीब को न्याय नहीं मिलता है। गरीब को उजाड़ दो, घर तोड़ दो, बेघर कर दो, फुटपाथ पर ला दो, जिंदगी छीन लो, कुत्ता-बिल्ली की तरह सांप की तरह रेंगते रहे, कोई बोलने वाला नहीं है, यही सिस्टम है। जिस थानेदार ने यह गलती की है, उसे पहले सस्पेंड क्यों नहीं किया गया। 3 महीने तक कार्रवाई नहीं की, उस समय क्यों नहीं सस्पेंड किया गया। दूसरी बार बलात्कार किया गया है। इस तरह की घटना कभी नहीं सुनी था कि बलात्कार करने के बाद लकड़ी और गोली डाल दे। अस्पताल आने के बाद एक दिन में छुट्टी मिल जाए। सरकारी अस्पताल में होती है सिर्फ डिलीवरी कोई मां-बाप नहीं है, अस्पताल का मतलब सिर्फ डिलीवरी रह गया है। 40 साल पहले कौन सी महिला अस्पताल जाती थी डिलीवरी के लिए। आज डिलीवरी के बाद क्यों तुरंत बच्चों को आईसीयू में डाल दिया जाता है, सिर्फ पैसा के लिए और कुछ नहीं है। 40 साल पहले गांव में ही पर प्रसव हो जाया करता था। बस डायलोना, क्रोसीन और पेरासिटामोल मिलता है। अल्ट्रासाउंड और सीटी स्कैन नहीं मिलता है। तुरंत प्राइवेट डॉक्टर के यहां रेफर कर दो। हमारी यह बेटी कहती रही कि दर्द हो रहा है, लेकिन कहा गया कि बलात्कार हुआ है, थोड़ी देर में ठीक हो जाएगा। अपनी मां के पीड़ा से समझना चाहिए कि दर्द क्या होता है। क्या यह लोग मां की पीड़ा को भी याद नहीं करते हैं। मुर्दा हो चुका है समाज आखिर ऐसे मामले में बेगूसराय का खून क्यों नहीं खौला। मैं तो कहता हूं कि समाज मुर्दा हो चुका है। समाज 10 हजार ले लेता है। एमएलए-एमपी 100 करोड़ लेंगे, 10 करोड़ में राज्यसभा और एमएलसी के चुनाव में बिक जाता है, और पब्लिक बिक जाती है, सिर्फ 10 हजार में। इन नेताओं से अच्छा पब्लिक है बेचारा गरीब 10 हजार में ही बिक रहा है और कोई बोलने वाला नहीं है। बिहार बंद करेंगे, अभी जो एनकाउंटर हुआ है, उसमें सरकार से पूछना चाहता हूं कि 3 महीने के अंदर 350 सबसे अधिक बलात्कार की घटना हुई, कितने लोगों को जेल भेजा है। बलात्कार का मतलब जिंदा रहने का अधिकार नहीं है। स्पीडी ट्रायल नहीं हो रहा है। आरोपियों को मिले फांसी की सजा सरकार को चाहिए कि अविलंब इनको फांसी दे। इस परिवार को कम से कम 20 लाख रुपया मुआवजा मिले। हमारी बेटी यहां पेरासिटामोल और क्रोसिन के लिए भर्ती नहीं है। सिर्फ थानेदार को सस्पेंड कर देना उपलब्धि नहीं है। हमाम में सब नंगे हैं, हर डाल पर उल्लू बैठा है, तो अंजाम गुलिस्ता क्या होगा। ऊपर से नीचे तक के सब गंदे हैं। 3 दिन पहले एक एक्टिविस्ट लड़के को मार दिया गया, गलत तरीके से मारा। न वह गैंगस्टर था, न वह गैंग चलाता था, न उसकी कोई अपराधिक हिस्ट्री थी। पहले क्यों नहीं बोले मंत्री कल गए थे, घर की स्थिति अच्छी नहीं है। मंत्री लोग बोल रहे हैं, इससे पहले दलित, ईवीसी, माइनॉरिटी, यादव को गलत तरीके से मारा गया। तब एक भी मंत्री नहीं बोले। आज बीजेपी के सभी मंत्री बोल रहे हैं। जब गरीब मर गया तब क्यों नहीं बोले, इस मल्लाह की बेटी के साथ इतनी बड़ी घटना हो गई, कोई क्यों नहीं बोला। पासवान के बच्चे को पीट-पीट कर मार दिया गया, तब कोई मंत्री क्यों नहीं बोला। नालंदा में कॉलेज की मांग के लिए प्रदर्शन हो रहा था, तो पुलिस ने गुंडाराज की तरह वहां की बेटी-मां को साड़ी खोल करके मारा। मैं मानता हूं कि भरत तिवारी का एनकाउंटर बिल्कुल गलत था। भरत तिवारी परिवार को मिले 1 करोड़ मुआवजा अभी तक एक करोड़ रूपया क्यों नहीं मुआवजा दिया गया। वोट का डर हुआ, तब जाकर सरकार कहती है कि हम रिटायर्ड जज से जांच कराएंगे। अगर मान लिया कि गलत हुआ तो FIR कीजिए, गलत करने वालों को जेल भेजिए। रिशु श्री के मामले में आईएएस पर FIR नहीं किया। धर्मेंद्र और आनंद किशोर जैसे लोगों को पोस्टिंग दे दिया। आनंद किशोर और धर्मेंद्र को पोस्टिंग क्यों दे दिया। जबकि धर्मेंद्र ने मेडिकल में 8 करोड़ रूपया लिया है टेंडर देने के लिए। अब उसको पूल निगम दे दिया गया है। बलात्कारी बक्शे जायेंगे, गरीब पर जुल्म होता तो उसको कुछ नहीं होगा। गैंगरेप पीड़िता को मिले 20 लाख का मुआवजा बिहार की जनता को लूटो, उसको कुछ नहीं होगा। बस जाति के आधार पर कभी नीला को गाली दो, कभी किसी और को गाली दो। आज अपने पर पड़ी तो सब कह रहे हैं कि परशुराम हो गए। परशुराम तो हम भी हैं, हम हिंदुस्तान में सबके लिए जीते हैं। परशुराम सबके लिए लड़े थे, बनो परशुराम, इस बिहार में परशुराम की जरूरत है। सभी जातियों के लिए भेदभाव बंद करो। इसलिए इस घटना के आरोपियों को अविलंब 20 लाख रुपया मुआवजा और सुरक्षा दिया जाए। SIT की अच्छे से जांच हो, इसमें कौन-कौन लोग इंवॉल्व हैं, उन्हें सस्पेंड नहीं किया जाए, बल्कि नौकरी से बर्खास्त करके जेल भेज दिया जाए।
अंतरराष्ट्रीय योग दिवस पर बिहार में योग का उत्साह
पटना, 12वें अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर बिहार के विभिन्न जिलों में बड़े उत्साह के साथ योग कार्यक्रम आयोजित किए गए। नेताओं, जनप्रतिनिधियों, अधिकारियों और आम लोगों ने योगाभ्यास कर स्वस्थ जीवन, मानसिक शांति और समग्र कल्याण का संदेश दिया।
बीपीएससी की परीक्षा में नालंदा के सिलाव प्रखंड के लक्ष्मीपुर के मूल निवासी रजनीश कुमार ने सफलता का परचम लहराया है। इन्होंने रेवेन्यू ऑफिसर का पद हासिल किया है। रजनीश की इस सफलता से उनके पैतृक गांव सिलाव थाना क्षेत्र के लक्ष्मीपुर और वर्तमान निवास स्थान कपटिया (नालंदा) सहित पूरे जिले में उल्लास का माहौल है। परिजनों, ग्रामीणों और दोस्तों की ओर से रजनीश को बधाइयां देने का तांता लगा हुआ है। बिहार की सेवा करने का था जज्बा नेतरहाट विद्यालय के पूर्व छात्र रहे रजनीश कुमार शुरू से ही मेधावी रहे हैं। इससे पहले उनका चयन यूपीएससी की ओर से आयोजित असिस्टेंट कमांडेंट के पद पर भी हो चुका था। इसके बावजूद, गृह राज्य बिहार में रहकर प्रशासनिक क्षेत्र में जमीनी स्तर पर बेहतर काम करने की इच्छा के कारण उन्होंने बीपीएससी को चुना। रजनीश ने बताया कि मैं हमेशा से चाहता था कि बिहार में रहकर ही जनता की सेवा करूं। बीपीएससी के माध्यम से मुझे यह बेहतरीन अवसर मिला है। हालांकि, उनकी यात्रा यहीं खत्म नहीं हुई है; उनका अंतिम लक्ष्य यूपीएससी क्रैक कर देश की सर्वोच्च सेवा में जाना है, जिसके लिए वे अपनी तैयारी आगे भी जारी रखेंगे। सफलता का श्रेय माता-पिता और दोस्तों को दिया अपनी इस शानदार सफलता पर रजनीश कुमार ने अपने माता-पिता के त्याग और दोस्तों के सहयोग को याद किया। उन्होंने कहा कि दिल्ली में रहकर सिविल सर्विसेज की तैयारी के दौरान उन्हें परिवार से भरपूर आर्थिक और भावनात्मक सहयोग मिला। सफल अभ्यर्थियों और भविष्य के छात्रों को गुरुमंत्र देते हुए रजनीश ने कहा कि परीक्षा में सफलता के लिए सबसे पहले सिलेबस को अच्छी तरह समझें और प्रीवियस ईयर क्वेश्चन का बारीकी से अध्ययन करें, उसी के अनुसार अपनी रणनीति बनाएं। सेवानिवृत्त सब-इंस्पेक्टर पिता और मां को बेटे पर है गर्व रजनीश के पिता महेश कुमार, जो पुलिस विभाग में सब-इनस्पेक्टर के पद से सेवानिवृत्त हैं, बेटे की कामयाबी पर फूले नहीं समा रहे हैं। उन्होंने कहा कि हमें पूरा विश्वास है कि वह आगे चलकर यूपीएससी की परीक्षा भी पास करेगा। हमने हमेशा उसे सिर्फ एक ही सीख दी—कड़ा परिश्रम करो। वहीं, रजनीश की माता सरोज देवी ने कहा कि उन्होंने बचपन से ही बच्चों की पढ़ाई-लिखाई पर पूरा ध्यान दिया। उन्होंने अन्य अभिभावकों को भी संदेश दिया कि वे अपने बच्चों पर धैर्य रखें और उनकी क्षमताओं पर पूरा भरोसा करें। पांच भाई-बहनों में सबसे छोटे हैं रजनीश घर में सबसे छोटे भाई की इस उपलब्धि पर उनकी बड़ी बहन रीना कुमारी (बीएड) ने खुशी जाहिर करते हुए कहा कि पूरा परिवार हमेशा रजनीश की पढ़ाई के लिए समर्पित रहा। माता-पिता ने पढ़ाई के खर्च में कभी कोई कमी नहीं होने दी और सभी भाई-बहनों ने उसे आगे बढ़ने के लिए लगातार प्रेरित किया, जिसका मीठा फल आज सबके सामने है।
देश के कई हिस्सों में रिकॉर्ड तोड़ गर्मी और लू झेल रहे लोगों के लिए आखिरकार राहत की खबर आ रही है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने देश के मौसम में एक बहुत बड़े और अहम बदलाव का संकेत दिया है। मौसम विभाग ने दिल्ली, उत्तर प्रदेश, बिहार, मध्य प्रदेश और राजस्थान सहित देश के 20 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के लिए बारिश का अलर्ट जारी किया है। अगले 15 घंटों के भीतर इन इलाकों में मौसम का मिजाज पूरी तरह बदलने की उम्मीद है। बारिश के साथ-साथ अधिकारियों ने आंधी-तूफान और 80 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चलने वाली विनाशकारी हवाओं की भी चेतावनी जारी की है, जिससे लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है।उत्तर-पश्चिम भारत में मौसम का मिजाज बदला, पहाड़ों पर ओलावृष्टि की आशंकामैदानी इलाकों के साथ-साथ पहाड़ी राज्यों में भी मौसम तेजी से करवट ले रहा है। मौसम विभाग के मुताबिक, 21 से 22 जून के बीच जम्मू-कश्मीर, लद्दाख, गिलगित-बाल्टिस्तान, मुज़फ़्फ़राबाद और उत्तराखंड के पहाड़ी क्षेत्रों में मूसलाधार बारिश होने की संभावना है। इसके साथ ही जम्मू-कश्मीर और लद्दाख के कुछ इलाकों में ओलावृष्टि (ओले गिरना) का भी अलर्ट है।मैदानी इलाकों की बात करें तो 21 से 26 जून के बीच दिल्ली, हरियाणा, पंजाब, उत्तर प्रदेश और राजस्थान के कुछ हिस्सों में गरज-चमक के साथ छिटपुट या मध्यम बारिश होने की आशंका जताई गई है, जिससे तापमान में भारी गिरावट आएगी।यूपी, बिहार और राजस्थान में अंधड़ का अलर्ट, चलने वाली हैं तेज हवाएंउत्तर प्रदेश के कई प्रमुख जिलों, जैसे नोएडा, मेरठ, आगरा, मथुरा, कानपुर, वाराणसी और प्रयागराज में मौसम विभाग ने भारी बारिश की चेतावनी जारी की है। वहीं, पड़ोसी राज्य बिहार में भी आंधी-पानी का संकट मंडरा रहा है। पटना, गया, मुजफ्फरपुर और भागलपुर समेत कई जिलों में 65 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चलने वाली तेज हवाओं के साथ भारी बारिश की आशंका है।रेगिस्तानी राज्य राजस्थान के जोधपुर, जैसलमेर, अजमेर और अलवर जैसे शहरों में भी मौसम खराब रहेगा। यहाँ 55 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से धूलभरी आंधी और तूफान के साथ बारिश का अनुमान लगाया गया है।मध्य और दक्षिण भारत का हाल: कई राज्यों में लगातार बरसेंगे बादलमध्य भारत के राज्यों में भी मानसून की हलचल तेज हो गई है। 21 से 26 जून के बीच छत्तीसगढ़, पूर्वी व पश्चिमी मध्य प्रदेश और विदर्भ के इलाकों में अच्छी बौछारें पड़ने का अनुमान है। मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल में अधिकतम तापमान 34C के आसपास रहने से लोगों को उमस भरी गर्मी से बड़ी राहत मिलेगी।वहीं, दक्षिण भारत में पूरे सप्ताह केरल, माहे, लक्षद्वीप और तटीय कर्नाटक में भारी से बहुत भारी बारिश का अनुमान है। आंध्र प्रदेश, तेलंगाना और तमिलनाडु के कुछ हिस्सों में बड़े पैमाने पर मानसून सक्रिय रहेगा। तटीय आंध्र प्रदेश, यनम और रायलसीमा के क्षेत्रों में तेज हवाओं के साथ खतरनाक तूफान आने की भी आशंका जताई गई है।हिमाचल, उत्तराखंड और असम में आफत की बारिश, टूरिस्ट्स को सलाहपर्यटन स्थलों पर घूमने गए लोगों के लिए अगले कुछ दिन संभलकर रहने वाले हैं। उत्तराखंड के देहरादून, ऋषिकेश, हरिद्वार और नैनीताल जैसे पहाड़ी इलाकों में 60 किमी प्रति घंटे की रफ्तार वाली हवाओं के साथ भारी बारिश और तूफान का अनुमान है। हिमाचल प्रदेश के मनाली में बारिश शुरू होने की उम्मीद है, जबकि शिमला, कुल्लू, सोलन और कांगड़ा में 24 जून तक भारी बारिश और आंधी-तूफान के साथ 70 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चल सकती हैं।इसके अलावा, पूर्वोत्तर राज्य असम के गुवाहाटी और आस-पास के जिलों में अगले 2-3 दिनों में बिजली कड़कने और मूसलाधार बारिश की संभावना है, जिससे असम के पश्चिमी हिस्सों में हालात बिगड़ सकते हैं। दक्षिण में तमिलनाडु के नीलगिरि, कोयंबटूर, कन्याकुमारी और सलेम में भारी बारिश की चेतावनी है, जबकि चेन्नई में हल्की से मध्यम बारिश दर्ज की जा सकती है।
आज 12वां अंतरराष्ट्रीय योग दिवस मनाया जा रहा है। इस अवसर पर मुंगेर का बिहार स्कूल ऑफ योग विशेष चर्चा में है, जिसने योग के विश्वव्यापी प्रचार में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। परमहंस स्वामी निरंजनानंद सरस्वती ने चार साल की आयु में मुंगेर पहुंचकर अपनी आध्यात्मिक यात्रा शुरू की और बिहार योग को वैश्विक पटल पर पहुंचाया। स्वामी निरंजनानंद सरस्वती का जन्म 14 फरवरी 1960 को छत्तीसगढ़ के राजनांदगांव में हुआ था। साल 1964 में, जब मुंगेर में बिहार स्कूल ऑफ योग की स्थापना हुई, उसी साल चार वर्षीय निरंजनानंद सरस्वती ने यहां अपनी आध्यात्मिक यात्रा प्रारंभ की। उनका जीवन उनके गुरु स्वामी सत्यानंद सरस्वती के मार्गदर्शन में आगे बढ़ा। 1971 में दशनामी संन्यास परंपरा में किया दीक्षित मुंगेर योगाश्रम से जुड़े कुमार कृष्ण के अनुसार, स्वामी सत्यानंद सरस्वती ने उन्हें योगनिद्रा और आध्यात्मिक साधना के माध्यम से प्रशिक्षित किया। उनकी प्रतिभा इतनी विकसित हो चुकी थी कि वर्ष 1971 में उन्हें दशनामी संन्यास परंपरा में दीक्षित किया गया और योग प्रचार के लिए तैयार किया गया। प्रशिक्षण के उपरांत स्वामी निरंजनानंद को विदेशों में योग केंद्रों की स्थापना का महत्वपूर्ण दायित्व सौंपा गया। उन्होंने अमेरिका से लेकर ऑस्ट्रेलिया तक योग का व्यापक प्रचार-प्रसार किया। इस दौरान उन्होंने विभिन्न देशों की संस्कृतियों को समझते हुए मानवता को जोड़ने वाले योगिक सूत्रों की खोज पर भी ध्यान केंद्रित किया। विदेश प्रवास के दौरान, उन्होंने नोबेल पुरस्कार विजेता वैज्ञानिक डॉ. जो कामिया के साथ ध्यान और प्राणायाम पर शोध कार्य किया। सैन फ्रांसिस्को के ग्लैडमैन मेमोरियल सेंटर के जापानी शोधकर्ता डॉ. टॉड मिकुरिया ने भी उन पर ध्यान संबंधी अध्ययन किए। स्वामी निरंजनानंद को 1993 में स्वामी सत्यानंद का उत्तराधिकारी बनाया गया और 2017 में उन्हें पद्मभूषण से सम्मानित किया गया। फ्रांस में 77 हजार योग शिक्षक थे कार्यरत कुमार कृष्ण के अनुसार, उस समय स्वामी सत्यानंद के योग आंदोलन का प्रभाव इतना व्यापक हो चुका था कि केवल फ्रांस में ही 77 हजार पंजीकृत योग शिक्षक कार्यरत थे। उस दौर में बिहार योग पद्धति के तहत शिक्षकों को प्रशिक्षित किया जाता था, जो बाद में अपने-अपने विद्यालयों में विद्यार्थियों को योग सिखाते थे। यही अभियान आगे चलकर रिसर्च ऑन योगा इन एजुकेशन के रूप में दुनिया भर में फैल गया। इसके परिणामस्वरूप अनेक देशों की शिक्षा प्रणाली में बिहार योग पद्धति को शामिल किया गया। फ्रांस में किंडरगार्टन से लेकर स्नातकोत्तर स्तर तक योग शिक्षा का समावेश इसका प्रमुख उदाहरण है।स्वामी निरंजनानंद वर्ष 1983 तक विदेशों में योग का संदेश देते रहे। मात्र 23 वर्ष की आयु में अंतरराष्ट्रीय स्तर पर योग का प्रचार करने के बाद वे अपने गुरु के आदेश पर मुंगेर लौट आए। भारत वापसी के बाद उन्होंने बिहार स्कूल ऑफ योग, शिवानंद मठ और योग अनुसंधान संस्थान की गतिविधियों का संचालन संभाला।वर्ष 1993 में उन्हें स्वामी सत्यानंद सरस्वती का आध्यात्मिक उत्तराधिकारी घोषित किया गया। वहीं 1995 के शतचंडी महायज्ञ में गुरु ने अपनी आध्यात्मिक शक्ति हस्तांतरित कर उन्हें परंपरा के गुरु और परमाचार्य पद पर प्रतिष्ठित किया। उनके नेतृत्व में बिहार स्कूल ऑफ योग को वैश्विक पहचान मिली। बाल योग मित्र मंडल की हुई स्थापना इसी क्रम में 1993 के विश्व योग सम्मेलन के बाद गंगा दर्शन परिसर में बाल योग मित्र मंडल की स्थापना की गई। इसकी शुरुआत मुंगेर के सात बच्चों से हुई थी। आज केवल मुंगेर में ही पांच हजार से अधिक प्रशिक्षित बाल योग शिक्षक हैं, जबकि मंडल की सदस्य संख्या जिले में 35 हजार और देशभर में करीब डेढ़ लाख तक पहुंच चुकी है।बाल योग मित्र मंडल के तीन प्रमुख लक्ष्य स्वामी निरंजनानंद सरस्वती के अनुसार बाल योग मित्र मंडल का उद्देश्य बच्चों में संस्कार, स्वावलंबन और संस्कृति के प्रति सम्मान विकसित करना है। योग के माध्यम से बच्चों को ऐसा व्यक्तित्व प्रदान करना, जिससे वे आत्मनिर्भर बन सकें और राष्ट्र निर्माण में अपनी सकारात्मक भूमिका निभा सकें। बाल योग मित्र मंडल के कार्यों की प्रशंसा देश के सर्वोच्च पदों पर आसीन व्यक्तियों ने भी की है। पूर्व राष्ट्रपति डॉ. एपीजे अब्दुल कलाम दो बार मुंगेर आकर बच्चों के कार्यक्रमों में शामिल हुए और उन्होंने मुंगेर को योग नगरी की संज्ञा दी। वहीं पूर्व राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने बिहार योग विद्यालय के दौरे के दौरान कहा था कि मुंगेर केवल भारत की योग नगरी नहीं, बल्कि पूरे विश्व की योग राजधानी है।स्वामी निरंजनानंद ने 1994 में विश्व के प्रथम योग विश्वविद्यालय बिहार योग भारती की स्थापना की तथा वर्ष 2000 में योग पब्लिकेशन ट्रस्ट की शुरुआत की। वर्ष 2009 में उन्होंने गुरु के निर्देशानुसार अपने संन्यास जीवन के नए अध्याय की शुरुआत की। योग के बारे में उनका स्पष्ट संदेश है कि यदि व्यक्ति अपने जीवन को बेहतर बनाना चाहता है तो उसे सकारात्मक विचारों और गुणों को अपनाना होगा। सकारात्मक सोच ही योगिक परिवर्तन का पहला कदम है। योग और आध्यात्म के क्षेत्र में उनके विशिष्ट योगदान के लिए भारत सरकार ने वर्ष 2017 में उन्हें पद्मभूषण से सम्मानित किया।आज भी स्वामी निरंजनानंद सरस्वती देशभर में यात्रा कर योग के मूल स्वरूप को पुनर्स्थापित करने का संदेश दे रहे हैं। भागलपुर, पटना, दिल्ली, इंदौर, धनबाद सहित अनेक शहरों में वे योग आधारित जीवनशैली का प्रचार कर रहे हैं। विश्व में 21 जून को योग दिवस मनाए जाने से बहुत पहले बिहार योग परंपरा में स्वामी सत्यानंद सरस्वती के जन्मोत्सव को योग पूर्णिमा के रूप में मनाने की परंपरा स्थापित हो चुकी थी, जो आज भी योग आंदोलन की जीवंत पहचान बनी हुई है।
रेलवे ट्रैक पर मिली लाश की गुत्थी सुलझी:मोहाली में बिहार के युवक ने ट्रेन के आगे कूदकर दी थी जान
मोहाली के घग्गर और दप्पर रेलवे स्टेशन के बीच बंकरपुर गांव के पास ट्रेन के आगे कूदकर आत्महत्या करने वाले युवक की पहचान हो गई है। मृतक की पहचान 25 वर्षीय राजा कुमार के रूप में हुई है, जो बिहार के पूर्वी चंपारण जिले का निवासी था और वर्तमान में डेराबस्सी के कुड़ावाला स्थित मधुकर कॉलोनी में किराए पर रह रहा था। पुलिस के अनुसार, यह घटना 19 जून की शाम करीब सात बजे रेलवे किलोमीटर नंबर 225/25-27 अप के पास घग्गर-दप्पर रेलवे स्टेशन के बीच हुई थी। एक अज्ञात युवक ने ट्रेन नंबर 12057 अप के आगे आकर अपनी जान दे दी थी। घटना की सूचना मिलने पर रेलवे पुलिस और स्थानीय पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची। पुलिस ने शव को मोर्चरी में रखवाया पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पहचान के लिए सिविल अस्पताल डेराबस्सी की मोर्चरी में रखवाया था। पुलिस जांच के दौरान, मृतक की पहचान सुंदरम कुमार राय पुत्र अनुरुद्ध राय ने अपने साले राजा कुमार के रूप में की। सुंदरम कुमार राय मधुकर कॉलोनी, कुड़ावाला में रहते हैं। इसके बाद पुलिस ने आवश्यक कानूनी कार्रवाई पूरी की। पुलिस ने शनिवार को बीएनएसएस की धारा 194 के तहत कार्रवाई करते हुए शव का पोस्टमार्टम करवाया। पोस्टमार्टम के बाद शव अंतिम संस्कार के लिए परिजनों को सौंप दिया गया। फिलहाल, युवक द्वारा आत्महत्या किए जाने के कारणों का पता नहीं चल सका है। जांच अधिकारियों का कहना है कि मामले से जुड़े सभी पहलुओं की गहनता से जांच की जा रही है। आत्महत्या के कारणों का पता लगाने के लिए परिजनों और परिचितों से भी पूछताछ की जा रही है।
गुरुग्राम के सेक्टर-53 स्थित आयकर विभाग की एक निर्माणाधीन इमारत में काम कर रहे एक युवक की 12वीं मंजिल से गिरकर मौत हो गई। यह घटना शनिवार को हुई, जिससे निर्माण स्थल पर अफरा-तफरी मच गई। पुलिस के अनुसार, मृतक की पहचान 30 वर्षीय अकबर आलम के रूप में हुई है। वह मूल रूप से बिहार के कटिहार जिले के शिवरामपुर गांव का निवासी था। अकबर पिछले लगभग 15 दिनों से इस निर्माणाधीन इमारत में फोरमैन के तौर पर काम कर रहा था और कार्य की देखरेख करता था। घटना के समय अकबर 12वीं मंजिल पर अपने काम में व्यस्त था। अचानक उसका संतुलन बिगड़ा और वह सीधे नीचे आ गिरा। ऊंचाई से गिरने के कारण उसे गंभीर चोटें आईं और उसकी मौके पर ही मौत हो गई। पुलिस कर रही मामले की जांच हादसे की सूचना मिलते ही मृतक के परिजनों और साथी कर्मचारियों ने गुरुग्राम पुलिस को सूचित किया। पुलिस टीम तुरंत घटनास्थल पर पहुंची और जायजा लिया। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर नागरिक अस्पताल के शवगृह में रखवाया। पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया। इस घटना ने निर्माण स्थलों पर श्रमिकों की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। पुलिस मामले की गहनता से जांच कर रही है कि क्या कार्यस्थल पर सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम, जैसे सेफ्टी नेट या बेल्ट, उपलब्ध थे या नहीं। पुलिस परिजनों के बयानों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई कर रही है।
NEET-UG रि-एग्जाम को लेकर बिहार में व्यापक तैयारी की गई है। परीक्षा को शांतिपूर्ण, निष्पक्ष और पारदर्शी ढंग से संपन्न कराने के लिए राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (NTA) और राज्य प्रशासन ने सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी है। पेपर लीक के कारण प्रभावित अभ्यर्थियों के लिए आयोजित इस री-एग्जाम से पहले राज्यभर के परीक्षा केंद्रों पर मॉक ड्रिल और ट्रायल रन कराया गया। NEET-UG री-एग्जाम कल रविवार को दोपहर 2 बजे से शाम 5:15 बजे तक आयोजित होगा। अभ्यर्थियों को अंतिम एंट्री 1.30 बजे तक दी जाएगी। परीक्षा केंद्रों पर प्रवेश से पहले सघन जांच की जाएगी। पटना के एग्जाम सेंटर्स पर मॉकड्रिल की तस्वीरें, देखिए… बिहार के 35 शहरों में 331 परीक्षा केंद्र री-एग्जाम के लिए बिहार के 35 शहरों में 331 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं। सभी केंद्रों पर सुरक्षा, निगरानी और परीक्षा सामग्री को लेकर विशेष इंतजाम किए गए हैं। प्रशासनिक और पुलिस अधिकारियों को लगातार निगरानी रखने का निर्देश दिया गया है। बिहार में होने वाले NEET-UG 2026 री-एग्जाम में कुल 1,56,061 परीक्षार्थी शामिल होंगे। इनमें 81,165 छात्र और 74,896 छात्राएं हैं। पटना में 95 केंद्रों पर 46 हजार से अधिक परीक्षार्थी राजधानी पटना में 95 परीक्षा केंद्रों पर 46,029 अभ्यर्थी परीक्षा देंगे। कुम्हरार स्थित बापू परीक्षा परिसर सहित कई प्रमुख केंद्रों पर आज शनिवार को मॉक ड्रिल आयोजित की गई। परीक्षा सामग्री की डिलीवरी, सुरक्षा व्यवस्था और अभ्यर्थियों के प्रवेश की प्रक्रिया का भी ट्रायल रन किया गया। परीक्षार्थियों को मिलेगी मुफ्त बस यात्रा राज्य सरकार ने अभ्यर्थियों की सुविधा के लिए विशेष व्यवस्था की है। बिहार राज्य पथ परिवहन निगम की करीब 1500 बसों में परीक्षार्थियों को निःशुल्क यात्रा की सुविधा मिलेगी। एसी, नॉन-एसी, डीलक्स, लग्जरी, इलेक्ट्रिक और पिंक बसों में यात्रा करने वाले अभ्यर्थियों को केवल अपना एडमिट कार्ड दिखाना होगा। बस कंडक्टर उन्हें शून्य रुपये का टिकट जारी करेंगे। हालांकि साथ आने वाले परिजनों को सामान्य किराया देना होगा। परीक्षा के दिन बंद रहेंगे कोचिंग संस्थान पटना जिला प्रशासन ने परीक्षा के दिन शहर के सभी कोचिंग संस्थानों को बंद रखने का निर्णय लिया है। जिलाधिकारी ने एसडीओ और एसडीपीओ को कोचिंग संस्थानों की गतिविधियों पर नजर रखने का निर्देश दिया है। सोशल मीडिया की भी विशेष निगरानी की जाएगी। किसी प्रकार की अफवाह फैलाने या परीक्षा को प्रभावित करने की कोशिश करने वालों के खिलाफ तत्काल प्राथमिकी दर्ज कर कार्रवाई की जाएगी। परीक्षा केंद्रों पर विशेष सुविधाएं सभी परीक्षा केंद्रों पर शुद्ध पेयजल, प्राथमिक चिकित्सा और अन्य आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी। अभिभावकों के लिए परीक्षा केंद्रों से 100 मीटर की दूरी पर छायादार प्रतीक्षा स्थल बनाने का निर्देश दिया गया है। NEET परीक्षा को लेकर पटना की ट्राफिक रूट बदली 16 को पटना पहुंचा था क्वेश्चन पेपर नीट की फिर से होने वाली परीक्षा के लिए प्रश्न पत्र वायु सेना के विशेष विमान से 16 जून को पटना एयरपोर्ट पहुंचा था। पटना एयरपोर्ट आने के बाद वायु सेना का विमान ने प्रश्नपत्र दिया। उसके दरभंगा और फिर गयाजी एयरपोर्ट में प्रश्न पत्र अधिकारियों के हवाले कर दिया। नीट की परीक्षा पटना समेत बिहार के कई जिलों में 21 जून को होगी। यह एग्जाम 3 जून को ही हुआ था पर पेपर लीक होने की वजह से रद्द कर दिया गया। केंद्र सरकार और NTA पूरी तरह अलर्ट
झारखंड में 18 जून 2026 को हुए राज्यसभा चुनाव के नतीजों ने विपक्षी INDIA ब्लॉक के भीतर की गहरी दरारों को सार्वजनिक कर दिया है। कागजी तौर पर दोनों सीटें जीतने की मजबूत स्थिति में होने के बावजूद गठबंधन अपने दूसरे उम्मीदवार (कांग्रेस के प्रणव झा) को जिताने में नाकाम रहा। इस हार और बड़े पैमाने पर हुई क्रॉस-वोटिंग ने गठबंधन के भविष्य पर कई गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। क्या गठबंधन टूट सकता है। RJD ने कांग्रेस से क्या बिहार का बदला झारखंड में ले लिया, जानेंगे भास्कर एनालिसिस में… सबसे पहले जानिए, हुआ क्या… झारखंड विधानसभा की 81 सदस्यीय सदन में एक उम्मीदवार को जीतने के लिए पहली वरीयता के 28 वोटों की जरूरत थी। …तो फिर क्रॉस-वोटिंग किसने की? चुनाव के रिजल्ट आने के तुरंत बाद कांग्रेस के झारखंड प्रभारी के. राजू ने खुले तौर पर सहयोगी दलों RJD (राष्ट्रीय जनता दल) और CPI-ML (वामदल) पर 'विश्वासघात' का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि हमें कांग्रेस के 16 और JMM के 4 वोट मिले। RJD और माले के विधायकों ने वोट नहीं किया। इन्होंने विश्वासघात किया। RJD बोली- हमने नहीं, कांग्रेस ने गड़बड़ी की कांग्रेस के तीखे हमलों पर लालू प्रसाद यादव की पार्टी RJD ने पलटवार किया। बिहार के राज्यसभा चुनाव के समय का एक वीडियो जारी किया, जिसमें कांग्रेस के 3 विधायक RJD कैंडिडेट को वोट नहीं देने का कारण बता रहे हैं। माले ने कांग्रेस अध्यक्ष को लिखा पत्र कांग्रेस के आरोपों पर भड़के माले महासचिव दीपंकर भट्टाचार्य ने न सिर्फ कांग्रेस के आरोपों को खारिज किया, बल्कि इस मामले को सीधे कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे को लेटर लिखकर आपत्ति जताई। तीनों पार्टियों के नेताओं का दावा है कि हमने कांग्रेस प्रत्याशी को वोट किया, तो सवाल है कि वोट गया कहां? भाजपा समर्थित परिमल नाथवाणी को अधिक वोट कैसे मिले। यह सवाल अभी भी अनसुलझा है। क्या बिहार का बदला झारखंड में लिया गया पॉलिटिकल एनालिस्टों का कहना है कि इस क्रॉस-वोटिंग के पीछे केवल स्थानीय राजनीति नहीं, बल्कि अंतर-राज्यीय खींचतान और 'बदले की भावना' है। …तो क्या टूट सकता है INDIA गठबंधन? इस बड़े झटके के बाद सवाल उठता है कि क्या यह गठबंधन पूरी तरह बिखर जाएगा? इसको देखने के 2 मुख्य पहलू हैं… 1. तुरंत टूटने की संभावना कम 2. दरारें और गहरी होंगी भले ही गठबंधन तुरंत न टूटे, लेकिन इसके काम करने के तरीके और एकजुटता पर बेहद बुरा असर पड़ेगा।
गुरुग्राम पुलिस ने साइबर अपराध के खिलाफ अपनी मुहिम के तहत एक बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस ने सेक्टर-57 स्थित एक अवैध कॉल सेंटर का भंडाफोड़ किया है, जो बायजूस (Byju’s) में नौकरी दिलाने के नाम पर लोगों से ठगी कर रहा था। इस कार्रवाई में छह आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। सहायक पुलिस आयुक्त (साइबर) गौरव फोगाट के निर्देश पर, थाना साइबर अपराध पश्चिम की पुलिस टीम ने जांच अधिकारी संदीप के नेतृत्व में कार्रवाई की। 18/19 जून की रात छापेमारी कर कॉल सेंटर से रविश कुमार, अंकित कुमार, गोलू कुमार, रविकांत, टुनर कुमार और जितेंद्र कुमार को गिरफ्तार किया गया। सभी आरोपी बिहार के नवादा जिले के जमुनावन गांव के निवासी हैं और उनकी उम्र 20 से 21 वर्ष के बीच है। सोशल मीडिया पर दिय जाता था फर्जी विज्ञापन पुलिस जांच में सामने आया कि रविश कुमार इस गिरोह का मुख्य संचालक था। आरोपी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म फेसबुक पर बायजूस में शिक्षक की नौकरी का विज्ञापन देता था। विज्ञापन देखकर संपर्क करने वाले लोगों से पहले रजिस्ट्रेशन फीस, फिर चयन प्रक्रिया और अन्य विभिन्न शुल्कों के नाम पर पैसे वसूले जाते थे। यह राशि आरोपियों द्वारा उपलब्ध कराए गए क्यूआर कोड के माध्यम से ली जाती थी। रविश ठगी की रकम का 20 से 30 प्रतिशत अपने साथियों को कमीशन के तौर पर देता था। साइबर ठगी से जुडे़ डिजिटल साक्ष्य मिले पुलिस द्वारा जब्त किए गए मोबाइल फोनों की जांच में बायजूस के नाम पर तैयार की गई कॉलिंग स्क्रिप्ट, फर्जी पहचान पत्र तथा साइबर ठगी से जुड़े कई डिजिटल साक्ष्य मिले हैं। पूछताछ के दौरान आरोपियों ने स्वीकार किया कि वे संगठित तरीके से लोगों को फोन कर नौकरी का लालच देते थे और उनसे धनराशि ठगते थे। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से 15 मोबाइल फोन, 5 एटीएम कार्ड, कई मोबाइल सिम कार्ड, फर्जी बायजूस आईडी कार्ड तथा ठगी में इस्तेमाल होने वाली कॉलिंग स्क्रिप्ट बरामद की है। आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर आगे की जांच की जा रही है।
बिहार सरकार के ग्रामीण विकास एवं सूचना जनसंपर्क मंत्री सह जदयू विधायक दल के नेता श्रवण कुमार आज नालंदा पहुंचे। यहां पर उन्होंने ने कहा कि वर्तमान सरकार 'न्याय के साथ विकास' और सुशासन के 'नीतीश मॉडल' को पूरी प्रतिबद्धता के साथ आगे बढ़ा रही है। जो बिहार कभी बदहाली, पलायन और पिछड़ेपन की पहचान माना जाता था, आज वही राज्य विकास, सुशासन और नई संभावनाओं की मिसाल बनकर उभरा है। मंत्री श्रवण कुमार शुक्रवार को बिहारशरीफ प्रखंड के मेघी नगवां पंचायत अंतर्गत ग्राम नगवां में नवनिर्मित यात्री शेड और ग्राम दीपनगर एनएच गौरैया स्थान से लेकर रामानंद सिपाही के घर तक ईंट सोलिंग, नाली निर्माण और पीसीसी ढलाई काम का उद्घाटन करने के बाद उपस्थित जनसमूह को संबोधित कर रहे थे। अंधेरे से उजाले तक की प्रेरक यात्रा समारोह को संबोधित करते हुए ग्रामीण विकास मंत्री ने कहा कि पिछले 21 साल में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के नेतृत्व में बिहार ने प्रगति, आत्मविश्वास और सम्मान की नई ऊंचाइयों को छुआ है। उन्होंने बिहार के मान, सम्मान और स्वाभिमान को देश-दुनिया में नई पहचान दिलाई है। आज उन्हीं के मार्गदर्शन में सरकार निरंतर जनहित में काम कर रही है। बिहार में हुए अकल्पनीय परिवर्तन की गवाह यहां की जनता है, जिसने अपनी ंखों से इस बदलाव को देखा है। आज बिहार के विकास काम का डंका पूरे देश में बज रहा है। युवाओं को रोजगार और महिला सशक्तिकरण पर जोर मंत्री ने सरकार की उपलब्धियों को रेखांकित करते हुए कहा कि राज्य में कौशल विकास के माध्यम से युवाओं का आत्मविश्वास बढ़ा है। सरकार ने युवाओं को रोजगार के अवसर उपलब्ध कराने के लिए उन्हें हुनरमंद और कुशल बनाने पर विशेष जोर दिया है, जिससे बिहार आत्मनिर्भरता की ओर बढ़ रहा है। सूबे में शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं का व्यापक विस्तार हुआ है, महिला सशक्तिकरण को नई मजबूती मिली है और रोजगार व निवेश के नए अवसर सृजित हुए हैं। बेहतर सड़कें, हर घर बिजली और आधारभूत संरचनाओं (इंफ्रास्ट्रक्चर) में हुए सुधार ने राज्य की तस्वीर बदल दी है। यह सफर अंधेरे से उजाले, संघर्ष से सफलता और संकल्प से सिद्धि तक का है।
भागलपुर पुलिस केंद्र में आज दीक्षांत समारोह-सह-परेड का आयोजन किया गया। इस अवसर पर भागलपुर से 84 और मुंगेर के 151 प्रशिक्षु सिपाहियों सहित कुल 235 प्रशिक्षु जवानों ने सफल प्रशिक्षण पूरा कर औपचारिक रूप से पुलिस सेवा में कदम रखा। परेड ग्राउंड में आयोजित समारोह में पूर्वी क्षेत्र के पुलिस महानिरीक्षक (आईजी) विवेक कुमार मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए और परेड की सलामी लेकर प्रशिक्षु सिपाहियों के प्रदर्शन का निरीक्षण किया। साल 2025 में नियुक्त इन प्रशिक्षु सिपाहियों का बुनियादी प्रशिक्षण जून 2025 से शुरु किया गया था। लगभग एक साल तक चले कठोर प्रशिक्षण के दौरान जवानों को पुलिसिंग के अलग-अलग पहलुओं, कानून व्यवस्था, भीड़ नियंत्रण, अपराध अनुसंधान, अनुशासन, शारीरिक दक्षता और जनसंपर्क से जुड़े विषयों का प्रशिक्षण दिया गया। प्रशिक्षण पूरा होने के बाद उनका दीक्षांत समारोह-सह-पारण परेड आयोजित किया गया। समारोह में आईजी विवेक कुमार के अलावा SSP - SP समेत जिले के कई वरीय पुलिस पदाधिकारी मौजूद रहे। कार्यक्रम की शुरुआत परेड निरीक्षण से हुई, जिसके बाद प्रशिक्षु सिपाहियों ने अनुशासन, समर्पण और प्रशिक्षण के दौरान अर्जित कौशल का प्रदर्शन किया। परेड के दौरान जवानों की सटीक चाल, तालमेल और अनुशासित प्रदर्शन ने उपस्थित अधिकारियों और अतिथियों को प्रभावित किया। अपने संबोधन में आईजी विवेक कुमार ने कहा कि पुलिस सेवा केवल एक नौकरी नहीं, बल्कि समाज और राष्ट्र के प्रति बड़ी जिम्मेदारी है। प्रशिक्षु सिपाही अब बिहार पुलिस का महत्वपूर्ण हिस्सा प्रशिक्षण के दौरान हासिल ज्ञान और अनुशासन को अपने पूरे सेवा काल में बनाए रखना ही एक अच्छे पुलिसकर्मी की पहचान होती है। आप सभी प्रशिक्षु सिपाही अब बिहार पुलिस परिवार का महत्वपूर्ण हिस्सा बन चुके हैं। जनता की सुरक्षा, कानून का राज और कमजोर वर्गों को न्याय दिलाना आपकी प्राथमिक जिम्मेदारी होगी। पुलिसकर्मी के रूप में आपके प्रत्येक निर्णय और व्यवहार का सीधा प्रभाव समाज पर पड़ता है। इसलिए ईमानदारी, संवेदनशीलता और कर्तव्यनिष्ठा को हमेशा सर्वोच्च प्राथमिकता दें। बदलते समय में पुलिस की भूमिका केवल अपराध नियंत्रण तक सीमित नहीं रह गई है, बल्कि जनता का विश्वास जीतना भी उतना ही महत्वपूर्ण है। उन्होंने जवानों से तकनीकी दक्षता बढ़ाने, मानवाधिकारों का सम्मान करने और आम लोगों के प्रति संवेदनशील व्यवहार अपनाने का आह्वान किया। इधर, समारोह के दौरान उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले प्रशिक्षु सिपाहियों और प्रशिक्षकों को प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया।
लखीसराय पुलिस लाइन में दीक्षांत परेड:203 ट्रेनी कांस्टेबल बिहार पुलिस फोर्स का हिस्सा बने
लखीसराय पुलिस लाइन में आयोजित दीक्षांत परेड समारोह में 203 प्रशिक्षु आरक्षियों का प्रशिक्षण सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। राष्ट्र सेवा, संविधान की रक्षा और जनसुरक्षा के प्रति निष्ठा की शपथ लेने के बाद ये सभी प्रशिक्षु आरक्षी बिहार पुलिस बल का हिस्सा बन गए। मुंगेर प्रक्षेत्र के डीआईजी राकेश कुमार ने दीक्षांत परेड की सलामी ली और नवप्रशिक्षित जवानों को संबोधित किया। उन्होंने कहा कि पुलिस सेवा केवल एक नौकरी नहीं, बल्कि समाज और राष्ट्र के प्रति समर्पण का दायित्व है। ईमानदारी और निष्ठा के साथ निर्वहन करने का आह्वान डीआईजी ने जवानों से कानून-व्यवस्था बनाए रखने, जनता के प्रति संवेदनशील व्यवहार करने तथा अपने कर्तव्यों का ईमानदारी और निष्ठा के साथ निर्वहन करने का आह्वान किया। उन्होंने राष्ट्रसेवा को पुलिसकर्मियों का सबसे बड़ा दायित्व बताया। समारोह के दौरान प्रशिक्षु आरक्षियों ने आकर्षक मार्च पास्ट, ड्रिल और विभिन्न व्यावहारिक प्रदर्शनों के माध्यम से अपने प्रशिक्षण कौशल का प्रदर्शन किया। जवानों के अनुशासन, आत्मविश्वास और दक्षता ने उपस्थित अधिकारियों एवं अतिथियों को प्रभावित किया। परेड मैदान में कदम से कदम मिलाकर मार्च करते जवानों ने बिहार पुलिस की नई ताकत और भविष्य की जिम्मेदारियों के प्रति अपनी प्रतिबद्धता का परिचय दिया। दोनों प्रकार के प्रशिक्षण पर विशेष जोर दिया गया प्रशिक्षण अवधि के दौरान आरक्षियों को शारीरिक दक्षता के साथ-साथ हथियार संचालन, आत्मरक्षा, साइबर अपराध नियंत्रण और कानून-व्यवस्था से जुड़े विभिन्न विषयों का विशेष प्रशिक्षण दिया गया। अधिकारियों ने बताया कि आधुनिक पुलिसिंग की चुनौतियों को देखते हुए तकनीकी एवं व्यावहारिक दोनों प्रकार के प्रशिक्षण पर विशेष जोर दिया गया था। समारोह में इंडोर और आउटडोर प्रशिक्षण में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले प्रशिक्षुओं को सम्मानित भी किया गया। अधिकारियों ने उनके समर्पण, मेहनत और अनुशासन की सराहना करते हुए भविष्य में भी इसी प्रतिबद्धता के साथ सेवा करने की अपेक्षा जताई। दीक्षांत समारोह के दौरान सभी 203 प्रशिक्षु आरक्षियों को प्रशिक्षण पूर्ण होने पर प्रमाण पत्र प्रदान किए गए। कई प्रशासनिक और पुलिस पदाधिकारी उपस्थित रहे अधिकारियों ने विश्वास व्यक्त किया कि ये नवप्रशिक्षित जवान राज्य की सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे। इस अवसर पर डीएम शैलेंद्र कुमार, एसपी प्रेरणा कुमार, उप विकास आयुक्त सुमित कुमार, अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी शिवम कुमार सहित जिले के कई प्रशासनिक एवं पुलिस पदाधिकारी उपस्थित रहे।
पटना के 10 सर्कुलर रोड स्थित राबड़ी आवास और सुरक्षा घटाने के विवाद पर राजनीति तेज हो गई है। बीते कल RJD सुप्रीमो लालू यादव ने मीडियो को दिए बयान में कहा था कि, ‘सब नीतीश कुमार करवा रहे हैं।’ अब सरकार की ओर से डिप्टी सीएम और मंत्रियों की प्रतिक्रिया सामने आ रही है। डिप्टी सीएम बिजेंद्र यादव ने कहा कि, ‘सुरक्षा व्यवस्था पूरी तरह नियमों के तहत तय की जाती है। अगर कोई व्यक्ति सुरक्षा नहीं लेना चाहता है, तो उसे जबरदस्ती सुरक्षा देने का कोई प्रावधान नहीं है। जिसे सुरक्षा की आवश्यकता होगी, उसे सुरक्षा उपलब्ध कराई जाएगी।’ उन्होंने लालू यादव के आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि, ‘पूर्व मुख्यमंत्रियों को सरकारी आवास आवंटित करने से जुड़े नियम को सुप्रीम कोर्ट ने खारिज कर दिया है। इसके बावजूद सरकार ने सुरक्षा व्यवस्था में कोई कमी नहीं की है।’ तेजस्वी यादव पर बिजेंद्र यादव का तंज डिप्टी सीएम बिजेंद्र यादव ने नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव पर भी हमला बोला। उन्होंने यह भी याद दिलाया कि, ‘तेजस्वी यादव को दो-दो बार डिप्टी सीएम बनाने का काम भी पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने ही किया था।’ सरकारी खजाना खाली होने को लेकर सवाल पर उन्होंने कहा कि, ‘सरकार के पास संसाधनों की कोई कमी नहीं है, तभी कर्मचारियों को समय पर वेतन मिल रहा है।’ अशोक चौधरी ने कहा- लालू जी मेंटली गड़बड़ा गए हैं इससे पहले लालू के आरोपों पर बिहार सरकार में मंत्री अशोक चौधरी ने लालू यादव पर तीखा हमला बोला था। उन्होंने कहा कि, ‘लालू जी मेंटली गड़बड़ा गए हैं। जब तक नीतीश कुमार सत्ता ने थे, तो आप राबड़ी आवास में रहे। अब जब सरकार ने आपको एक व्यवस्थित जगह अलग से दे दिया है, तब आप जबरदस्ती दबाव बना रहे हैं। कह रहे हैं कि सब नीतीशवे करवा रहा है।' सुरक्षा घटाने के आरोपों और जवानों को लौटाने के सवाल पर मंत्री अशोक चौधरी ने कहा कि, 'सुरक्षा और आवास का सभी निर्णय तो सुरक्षा समिति और पुलिस विभाग करती है न। इसमें किसी तरह का कोई राजनीतिक हस्तक्षेप नहीं है।' राबड़ी आवास और सुरक्षा से जुड़े मुद्दे पर राजद सुप्रीमो लालू यादव ने पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार पर निशाना साधा है। उन्होंने कहा, हां, हमारी सुरक्षा हटा ली गई है। सब कुछ नीतीश कुमार करवा रहे हैं। इससे पहले सिंगापुर से लौटने के दौरान दिल्ली एयरपोर्ट पर सुरक्षा घटाने और बंगला खाली करने के नोटिस को लेकर उन्होंने कहा था, “सब पागल हो गए हैं। घृणा कर रहे हैं। मुझे उन लोगों से कोई फर्क नहीं पड़ता।” वहीं बंगला विवाद और सुरक्षा में कटौती को लेकर पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी और नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने सीएम सम्राट चौधरी पर निशाना साधा था। दोनों नेताओं ने आरोप लगाया था कि सम्राट चौधरी बदला ले रहे हैं। बिहार पुलिस ने सुरक्षा को लेकर दी जानकारी बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री लालू यादव और राबड़ी देवी की सुरक्षा को लेकर बिहार पुलिस ने x पर पोस्ट कर जानकारी दी हैं। यह बयान बिहार पुलिस ने तब दिया हैं, जब दोनों पूर्व मुख्यमंत्री ने सुरक्षा में कटौती के बाद अपनी पूरी सुरक्षा लौटा दी थी। बिहार पुलिस ने कहा है कि दोनों माननीय को सुरक्षा सरकार के तरफ़ से प्रदान की गई है। दोनों नेताओं को वर्तमान में विशेष सुरक्षा दल अधिनियम 2010 के अनुसार सुरक्षा प्रदान किया गया है, जिसमें अंगरक्षक/ आवास गार्ड/ स्कॉट गार्ड/ पायलट के अतिरिक्त BR Car भी उपलब्ध कराया गया है। अब सिलसिलेवार तरीके से जानिए बंगला और सुरक्षा घटाने के बाद अब तक क्या-क्या हुआ मीसा बोलीं- 15 दिन के अंदर बंगला खाली कर देंगे रविवार रात लालू यादव के साथ उनकी बेटी और सांसद Misa Bharti भी मौजूद थीं। बंगला खाली करने के सवाल पर उन्होंने कहा, हम 15 दिन के अंदर बंगला खाली कर देंगे। वहीं, लालू परिवार की सुरक्षा घटाए जाने के मुद्दे पर मीसा भारती ने कहा, लालू जी और राबड़ी जी को सुरक्षा की जरूरत नहीं है। लालू-राबड़ी के साथ उनके चाहने वाले बहुत हैं। मैं भी अपनी सुरक्षा लौटा रही हूं। इधर, बीते रविवार को राबड़ी देवी पटना के कौटिल्य नगर स्थित घर का कामकाज देखने पहुंची थीं। बताया जा रहा है कि सरकारी आवास खाली करने के बाद लालू परिवार इसी घर में शिफ्ट होगा। विवाद बंगला खाली करने के नोटिस से शुरू हुआ 29 मई को भवन निर्माण विभाग ने राबड़ी देवी को बंगला खाली करने के लिए तीसरा नोटिस दिया। दिल्ली से पटना लौटते ही पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी के तेवर बेहद आक्रामक नजर आए। उन्होंने सरकार को खुली चुनौती देते हुए कहा, '10, सर्कुलर रोड वाला आवास किसी भी कीमत पर खाली नहीं करेंगे। सम्राट चौधरी अभी नए-नए मुख्यमंत्री बने हैं। हम तो चाहते हैं कि वह फोर्स बुला लें और बलपूर्वक हमें यहां से हटा दें, पर हम खुद से नहीं जाएंगे।' CM बोले- बंगला खाली होने से कोई माई का लाल नहीं रोक सकता मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने राबड़ी देवी के बयान का जवाब दिया। उन्होंने कहा, 'कुछ लोगों को लगता है मेरा घर खाली हो जाएगा। पक्का खाली होगा। धरती पर कोई रोक नहीं सकता है। कोई माई का लाल रोक नहीं सकता है। कोई राजतंत्र नहीं है। लोकतंत्र है। मां को अलग घर चाहिए। बेटे को अलग घर चाहिए। मां-बेटे और पति को अलग-अलग सुरक्षा चाहिए। बिहार में हरा गमछा, हरा गमछा शांति का प्रतीक है। जो गुंडागर्दी करेगा उसे तो जेल में डालेंगे ही ना। जो गुंडागर्दी करेगा उसके लिए एक ही जगह है मुजफ्फरपुर की जेल।' CM बोले- बंगला किसी की बपौती नहीं है CM सम्राट चौधरी ने कहा, बंगला किसी की बपौती नहीं है। लोगों को बंगले से मोह हो गया है। बेटे को अलग घर चाहिए, मां को अलग घर चाहिए। कुछ लोगों को चिंता है कि हमारा घर बचा रहे। मैं कई बार मंत्री बना, बिहार का गृहमंत्री भी बना, लेकिन मैं 2400 स्कव्यार फीट में रहा। मैं जब मुख्यमंत्री आवास में गया तो मैंने कहा, आप बाहर लिखवा दीजिए ये लोकसेवक का आवास है। यहां किसी की बपौती नहीं होती। मैं 1999 में सरकार में मंत्री के तौर पर आया, ये मेरा 11वां घर है। तेजप्रताप बोले- भाषा की मर्यादा रखिए CM के बयान के बाद तेजप्रताप ने X पर लिखा- मैं यही कहना चाहता हूं कि राज्य के नेताओं को, विशेषकर मुख्यमंत्री और वरिष्ठ पदों पर बैठे लोगों को, हमेशा संयमित और मर्यादित भाषा का प्रयोग करना चाहिए। किसी भी व्यक्ति पर टिप्पणी करते समय उसकी उम्र, सम्मान और सामाजिक गरिमा का ध्यान रखना आवश्यक है। हमारी माता श्री हमारे लिए सम्मान का विषय हैं। इसलिए किसी भी प्रकार की व्यक्तिगत टिप्पणी उचित नहीं मानी जा सकती। लोकतंत्र में मतभेद हो सकते हैं, लेकिन संवाद हमेशा शालीन और सम्मानजनक होना चाहिए। मर्यादित भाषा और आपसी सम्मान ही राजनीति की सबसे बड़ी पहचान है। राबड़ी को बंगला खाली करने के लिए 15 दिन का अल्टीमेटम मिला इसके बाद सम्राट सरकार ने लालू परिवार को 10 सर्कुलर रोड स्थित सरकारी आवास खाली करने के लिए 15 दिनों का अल्टीमेटम दिया। 25 नवंबर 2025 को आवास खाली करने को लेकर आदेश जारी किया गया था, लेकिन लालू परिवार की ओर से अब तक बंगला खाली नहीं किया गया है। ऐसे में सरकार ने दोबारा सख्त रुख अपनाते हुए अब 15 दिनों का अल्टीमेटम दिया है। 10 सर्कुलर रोड यानी राबड़ी आवास में पूर्व मुख्यमंत्री लालू यादव, पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी और नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव रहते हैं। राबड़ी देवी के अलावा हारे हुए विधायकों को भी नोटिस भेजा गया। सरकारी बंगला खाली करने को कहा गया। भवन निर्माण विभाग के अधिकारी ने नोटिस जारी किया है। रविवार को राबड़ी कौटिल्य नगर वाले घर का कामकाज देखने पहुंचीं 10 सर्कुलर रोड खाली करने के अल्टीमेटम के बीच रविवार को राबड़ी देवी कौटिल्य नगर स्थित अपने आवास पहुंचीं। इस दौरान उन्होंने नए आवास की व्यवस्था और अन्य सुविधाओं का जायजा लिया। 2005 से 10 सर्कुलर रोड में रह रहा है लालू परिवार लालू परिवार साल 2005 से 10 सर्कुलर रोड स्थित सरकारी आवास में रह रहा है। विभाग के मुताबिक पिछले छह महीनों के दौरान कई बार आग्रह किया गया कि परिवार 39 हार्डिंग रोड स्थित नए आवास में स्थानांतरित हो जाए, लेकिन अब तक ऐसा नहीं हुआ। बंगला विवाद के बीच घटाई गई लालू फैमिली की सुरक्षा बिहार सरकार ने बंगला विवाद के बीच 4 दिन पहले लालू प्रसाद यादव और राबड़ी देवी की Z+ श्रेणी की सुरक्षा वापस ले ली है। इसके विरोध में राबड़ी देवी और नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने भी अपनी Y+ श्रेणी की सुरक्षा लौटाने का निर्णय लिया है। सुरक्षा घटाने से नाराज राबड़ी देवी ने शनिवार सुबह अपने आवास से सारी सुरक्षा हटा दी। यहां तक की बंगले के बाहर तैनात सभी पुलिसकर्मियों को भी लौटा दिया। इसके बाद रोहिणी ने पार्टी नेताओं से राबड़ी आवास पहुंचने की अपील की। कार्यकर्ताओं का राबड़ी आवास पर जुटना शुरू हो गया है। गेट पर एक कार्यकर्ता हाथ में डंडा लिए खड़ा है। जहां कभी पुलिसकर्मी बैठते थे वहां पार्टी के नेता बैठे है। राबड़ी के बाद नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने भी अपनी Y+ श्रेणी की सुरक्षा को वापस कर दिया है। रोहिणी आचार्य ने कार्यकर्ताओं से की अपील रोहिणी आचार्य ने सोशल मीडिया पर पोस्ट कर राजद कार्यकर्ताओं से बड़ी संख्या में राबड़ी आवास पहुंचने की अपील की थी। उन्होंने लिखा था कि, 'लालू परिवार की असली सुरक्षा और ढाल राजद के कार्यकर्ता और जनता हैं। साथ ही आरोप लगाया कि बिहार की पहली महिला मुख्यमंत्री और उनके परिवार को परेशान किया जा रहा है, जिसका जवाब जनता देगी।' राबड़ी आवास के बाहर पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी के सरकारी आवास पर के कार्यकर्ताओं का जुटान जारी है। कार्यकर्ता कल से ही आवास के बाहर डटे हुए हैं। अब राबड़ी आवास के बाहर की 3 तस्वीरें देखिए…
यूपी के देवरिया के एक लौंडा डांसर की बिहार में गोली मारकर हत्या कर दी गई। डांसर परफॉर्मेंस करने के बाद स्टेज के पीछे आराम कर रहा था, तभी तीन लड़के आए और जबरन डांस करने को कहा, लेकिन डांसर ने मना कर दिया। इसके बाद आरोपी उसे गलत नीयत से अपने साथ सुनसान इलाके में ले जाना चाहते थे। उसने विरोध किया तो बदमाशों ने उसके पेट में गोली मार दी और फरार हो गए। डांसर सोनू गोड़ (32) के साथी और बाराती उसे अस्पताल ले जा रहे थे, लेकिन उसने रास्ते में दम तोड़ दिया। वारदात गोपालगंज जिले के कटेया थाना क्षेत्र में गुरुवार को हुई। आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस छापेमारी कर रही है। सोनू की तस्वीर सामने आई है। इस सेल्फी को उसने परफॉर्मेंस से पहले ली थी। घटना से जुड़ी तस्वीरें… अब सिलसिलेवार पढ़िए पूरी कहानी सोनू गोड़ देवरिया के तरकुलवा थाना क्षेत्र के महुआ पाटन गांव का रहने वाला था। वह डांस-ड्रामा पार्टी में लौंडा डांस करता था। गुरुवार को पटोहवा गांव के रहने वाले मैनेजर कुशवाहा के बेटे धर्मेंद्र कुशवाहा की शादी थी। बारात गोपालगंज के पटोहवा गांव में महेंद्र कुशवाहा के घर गई थी। इसी बारात के साथ डांस-ड्रामा पार्टी भी बिहार गई थी। सोनू के साथ पांच और डांसर थे। डांस पार्टी के संचालक रामायण यादव ने बताया- कार्यक्रम अच्छे से चल रहा था। डांस के बाद सभी साथी स्टेज के पीछे बने टेंट में आराम कर रहे थे। सोनू भी वहीं था। थोड़ी देर में कुछ लड़के आए और सोनू का हाथ पकड़कर उसे जबरन खींचने लगे। बदमाश उसे अपने साथ ले जाना चाहते थे। जब सोनू ने विरोध किया और छुड़ाने की कोशिश की, तभी बदमाशों ने पिस्टल सटाकर उसके पेट में गोली मार दी। 7 साल से नाच पार्टियों में करता था डांससोनू पिछले सात साल से विभिन्न नाच पार्टियों में डांसर के रूप में काम कर रहा था। माता-पिता की मौत के बाद वह अपने घर का एकमात्र कमाने वाला सदस्य था। उसके परिवार में पत्नी, तीन छोटे बच्चे और एक छोटा भाई है, जिनकी जिम्मेदारी उसी पर थी। वारदात के बाद स्थानीय कलाकारों और ग्रामीणों में आक्रोश है। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। कटेया थानाध्यक्ष अवधेश कुमार ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है। आरोपियों की पहचान कर ली गई है और गिरफ्तारी के लिए छापेमारी चल रही है। क्या है लौंडा डांसयह बिहार, पूर्वी उत्तर प्रदेश और खासकर भोजपुरी क्षेत्र की एक पारंपरिक लोकनृत्य शैली है। इसमें पुरुष कलाकार महिलाओं का वेश धारण कर नृत्य और अभिनय करते हैं। यह नृत्य ग्रामीण क्षेत्रों में शादी-विवाह, बारात, मेले और सांस्कृतिक आयोजनों में लंबे समय से लोकप्रिय है। लौंडा डांस की शुरुआत कैसे हुई?भोजपुरी लोकनाट्य के महान कलाकार भिखारी ठाकुर ने लौंडा नाच को लोकप्रिय बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। उनके नाटकों में पुरुष कलाकार महिला पात्रों का अभिनय करते थे, जिससे यह कला ग्रामीण समाज में व्यापक रूप से प्रसिद्ध हुई। इसकी विशेषताएं ---------------------------------------------------------------- ये खबर भी पढ़ेंः- मायावती से मुलाकात के ₹5 लाख, टिकट के ₹3.35 करोड़:यूपी के बसपा अध्यक्ष बोले- चुनाव नजदीक, पूरा पैसा कैश में लगेगा ‘बहनजी से मिलेंगे तो 5 लाख रुपए लेकर चलना। वहां बताएंगे- आप विधायक का टिकट चाहते हैं। इन 5 लाख रुपए का कोई हिसाब-किताब नहीं रहेगा। टिकट के लिए 3 करोड़ 35 लाख रुपए देने होंगे। अभी एक-डेढ़ करोड़ जमा कर दीजिए, जो बचेगा उसके लिए एक-डेढ़ महीने का समय मिलेगा। सरकार बनती है तो गारंटी है- आपको मंत्री बनवाएंगे।’ पढ़ें पूरी खबर…
आपत्तिजनक फोटो व वीडियो वायरल कर मांगे 70 हजार, बिहार में गिरफ्तार
भास्कर न्यूज | जांजगीर सोशल मीडिया पर दोस्ती, फिर प्यार का नाटक और उसके बाद ब्लैकमेलिंग का एक और खेल सामने आया है। जांजगीर पुलिस ने इंस्टाग्राम पर युवती के आपत्तिजनक फोटो और वीडियो वायरल कर 70 हजार रुपये की फिरौती मांगने वाले मुख्य आरोपी अकबर खान को बिहार के रोहतास जिले से गिरफ्तार कर लिया है। यह शातिर आरोपी पैसे न मिलने पर लगातार पीड़िता की दुष्कर्म को सोशल मीडिया पर खिलवाड़ कर रहा था। पुलिस मामले में दो स्थानीय आरोपियों को पहले ही सलाखों के पीछे भेज चुकी है। मामले का खुलासा तब हुआ जब पीड़ित युवती ने हिम्मत जुटाकर सिटी कोतवाली जांजगीर में एफआईआर दर्ज कराई। पीड़िता ने बताया कि बिहार के रोहतास का रहने वाला अकबर खान (20 वर्ष) ने इंस्टाग्राम पर उससे दोस्ती की थी। मीठी-मीठी बातों से उसने नजदीकियां बढ़ाईं और फिर वह जांजगीर पहुंच गया। यहां उसने युवती को अपने झांसे में लिया और उसके कुछ बेहद निजी आपत्तिजनकफोटो और वीडियो बना लिए। आरोपी का असली चेहरा तब सामने आया जब उसने इन तस्वीरों के दम पर पीड़िता को ब्लैकमेल करना शुरू कर दिया। उसने साफ कहा कि अगर 70,000 रुपए नहीं मिले, तो वो इन तस्वीरों को इंटरनेट पर डाल देगा। जब पीड़िता ने पैसे देने से मना किया, तो आरोपी ने क्रूरता दिखाते हुए इंस्टाग्राम पर फोटो-वीडियो वायरल करना शुरू कर दिया। लगातार हो रही बदनामी से परेशान होकर आखिरकार पीड़िता ने पुलिस की शरण ली। पूछताछ में आरोपी अकबर खान ने अपना गुनाह कुबूल कर लिया है। पुलिस ने उसके पास से घटना में इस्तेमाल किया गया मोबाइल जब्त कर लिया है, जिसमें पीड़िता के वीडियो और इंस्टाग्राम आईडी लॉग-इन थी। आरोपी को विधिवत गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया है।
फरीदाबाद जिले में कुरेशीपुर गांव के पास स्थित तुलसी कॉलोनी में किराये पर रहने वाले एक युवक ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए ईएसआईसी मेडिकल कॉलेज की मोर्चरी में रखवा दिया। थाना धौज प्रभारी दर्पण कुमार ने बताया कि मृतक की पहचान 35 वर्षीय नीरज मिश्रा के रूप में हुई है। वह मूल रूप से बिहार का रहने वाला था और कुरेशीपुर के पास तुलसी कॉलोनी में किराये के मकान में रहता था। पुलिस के अनुसार, नीरज के परिवार के सदस्य एक दिन पहले ही बिहार गए हुए थे और वह घर पर अकेला था। बताया जा रहा है कि घटना वाली रात वह ड्यूटी से वापस अपने कमरे पर आया था। बाहर नहीं आने पर पड़ोसियों ने देखा अगली सुबह गुरुवार जब काफी देर तक नीरज कमरे से बाहर नहीं निकला तो पड़ोसियों को चिंता हुई। उन्होंने कई बार दरवाजा खटखटाया, लेकिन अंदर से कोई जवाब नहीं मिला। इसके बाद पड़ोसियों ने खिड़की से अंदर देखा तो नीरज पंखे से लटका हुआ मिला। यह देखकर उन्होंने तुरंत पुलिस को सूचना दी। मामले की जांच कर रही पुलिस सूचना मिलते ही थाना धौज पुलिस और फोरेंसिक टीम मौके पर पहुंची। पुलिस ने घटनास्थल की जांच की और जरूरी साक्ष्य जुटाए। इसके बाद शव को पंखे से नीचे उतरवाकर पोस्टमार्टम के लिए ईएसआईसी मेडिकल कॉलेज की मोर्चरी में भेज दिया गया। पुलिस ने मृतक के परिजनों को घटना की सूचना दे दी है। परिजनों के फरीदाबाद पहुंचने के बाद शव का पोस्टमार्टम कराया जाएगा। फिलहाल पुलिस मामले की जांच कर रही है और यह पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है कि नीरज मिश्रा ने यह कदम किन कारणों से उठाया। अभी तक आत्महत्या के कारणों का पता नहीं चल पाया है। पुलिस सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर जांच में जुटी है।
चतरा पुलिस ने 17 पेटी (कुल 408 बोतल) अंग्रेजी शराब बरामद किया है। दो तस्कर शराब की इस खेप को कार से 'ड्राई स्टेट' बिहार ले जा रहे थे। इसकी कीमत 1 लाख 60 हजार रुपए आंकी गई है। यह कार्रवाई संघरी घाटी के रास्ते की गई, जहां से शराब बिहार भेजी जा रही थी। पुलिस ने तस्करी में इस्तेमाल की जा रही एक कार को जब्त किया है। इस दौरान एक तस्कर को मौके से गिरफ्तार कर लिया गया, जबकि दूसरा तस्कर अंधेरे का फायदा उठाकर फरार होने में सफल रहा। पकड़े गए आरोपी की पहचान राजपुर थाना क्षेत्र के हरहद गांव निवासी सोनू कुमार यादव के रूप में हुई है। पुलिस फरार तस्कर पवन कुमार यादव की तलाश कर रही है और मामले की आगे की जांच जारी है। पुलिस को भनक लगी थी कि रात के अंधेरे में चतरा से अवैध विदेशी शराब की एक बड़ी खेप कार के जरिए बिहार ले जाई जाने वाली है। पुलिस ने सघन वाहन चेकिंग अभियान शुरू किया। रात करीब 11:15 बजे चतरा शहर की ओर से एक सिल्वर रंग की कार आती दिखी। पुलिस टीम ने जब कार को रुकने का इशारा किया, तो रुकते ही उसमें सवार दो व्यक्ति भागने लगे। जवानों ने फुर्ती दिखाते हुए एक को खदेड़ कर दबोच लिया, जबकि उसका साथी पवन कुमार यादव अंधेरे और जंगल का फायदा उठाकर भागने में सफल रहा।
कटिहार में सीमांचल के विकास को लेकर राजनीतिक बहस तेज हो गई है। AIMIM के राष्ट्रीय प्रवक्ता आदिल हसन द्वारा एनडीए सरकार पर सीमांचल के साथ 'सौतेला व्यवहार' करने के आरोप के बाद जनता दल यूनाइटेड (JDU) ने पलटवार किया है। हाल ही में कटिहार में एक प्रेस वार्ता के दौरान, AIMIM प्रवक्ता आदिल हसन ने आरोप लगाया था कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने चुनाव के समय सीमांचल के विकास का वादा किया था। हसन के अनुसार, सरकार के छह महीने पूरे होने के बावजूद कटिहार, पूर्णिया, अररिया और किशनगंज में अपेक्षित विकास कार्य नहीं हुए हैं। AIMIM के इन आरोपों पर JDU के जिला प्रवक्ता इम्तियाज हैदर ने प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि आदिल हसन को शायद सीमांचल में हुए विकास कार्यों की जानकारी नहीं है। हैदर ने याद दिलाया कि 2005 में जब नीतीश कुमार मुख्यमंत्री बने थे, तब राज्य की स्थिति खराब थी और सीमांचल के कई इलाकों में सड़क जैसी बुनियादी सुविधाएं भी नहीं थीं। सीमांचल को जोड़ने जैसे कार्यों का उल्लेख कियाJDU प्रवक्ता ने दावा किया कि पिछले दो दशकों में सीमांचल में सड़क, पुल-पुलिया, शिक्षा, स्वास्थ्य और अन्य आधारभूत संरचनाओं के क्षेत्र में व्यापक विकास हुआ है। उन्होंने अल्पसंख्यक छात्रावासों का निर्माण, कब्रिस्तानों की घेराबंदी, सड़क नेटवर्क का विस्तार और राष्ट्रीय राजमार्गों से सीमांचल को जोड़ने जैसे कार्यों का उल्लेख किया। इम्तियाज हैदर ने बताया कि कब्रिस्तानों की घेराबंदी से वर्षों पुराने भूमि विवादों और सामाजिक तनाव को कम करने में सहायता मिली है। उत्तर प्रदेश में भी यही रणनीति अपनाई जा रहीउन्होंने यह भी कहा कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने सीमांचल के लोगों और अल्पसंख्यक समाज के हितों को प्राथमिकता दी है। JDU ने AIMIM पर राजनीतिक हमला करते हुए आरोप लगाया कि पार्टी विकास के मुद्दों से अधिक वोटों के ध्रुवीकरण की राजनीति करती है। JDU प्रवक्ता के अनुसार, AIMIM जहां भी चुनाव होते हैं, वहां 'वोट काटने' का काम करती है। उन्होंने कहा कि पश्चिम बंगाल और बिहार में भी इसकी भूमिका 'वोट कटवा' की रही है और अब उत्तर प्रदेश में भी यही रणनीति अपनाई जा रही है।
फैक्ट चेक: ट्रेन के अंदर परीक्षार्थी की मौत के दावे का वीडियो बिहार का नहीं है
वायरल वीडियो को शूट करने वाले मुबारक हुसैन ने बूम को बताया कि घटना 11 जून को आंध्र प्रदेश के श्रीकाकुलम स्टेशन के पास की है.
गाजीपुर पुलिस ने मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ कार्रवाई करते हुए एक वांछित हेरोइन तस्कर को गिरफ्तार किया है। गहमर थाना क्षेत्र में हुई इस कार्रवाई में आरोपी उपेंद्र राय के पास से 240 ग्राम अवैध हेरोइन बरामद हुई है, जिसकी अंतरराष्ट्रीय बाजार में अनुमानित कीमत 1 करोड़ 65 लाख रुपये बताई जा रही है। पुलिस के अनुसार, आरोपी एनडीपीएस एक्ट के एक मामले में लंबे समय से फरार चल रहा था। पुलिस को 16 जून 2026 को उपनिरीक्षक सत्येंद्र सिंह चंदेल और उनकी टीम के क्षेत्र में गश्त के दौरान मुखबिर से सूचना मिली थी। मुखबिर ने बताया कि वांछित तस्कर गहमर सायर नहर पुलिया के पास मौजूद है। इस सूचना पर त्वरित कार्रवाई करते हुए पुलिस ने घेराबंदी कर छापेमारी की और मौके से आरोपी उपेंद्र राय को धर दबोचा। तलाशी के दौरान उसके कब्जे से 240 ग्राम हेरोइन मिली। गिरफ्तार आरोपी उपेंद्र राय बिहार के भोजपुर जिले के बोहरमपुर गांव का निवासी है और उसकी उम्र 34 वर्ष है। इस बरामदगी और गिरफ्तारी के संबंध में गहमर थाने में एनडीपीएस एक्ट की धारा 8, 21, 27A और 29 के तहत नया मुकदमा दर्ज किया गया है। पुलिस अब आरोपी के नेटवर्क और इस तस्करी से जुड़े अन्य व्यक्तियों के बारे में जानकारी जुटा रही है।
बक्सर के चर्चित रेलवे ओवरब्रिज (ROB) निर्माण में लापरवाही के मामले में बड़ी कार्रवाई हुई है। बिहार राज्य पुल निर्माण निगम ने ठेकेदार प्रमोद कुमार सिंह को 15 वर्षों के लिए ब्लैकलिस्ट कर दिया है। यह कार्रवाई ठेकेदारी निबंधन नियमावली 2007 और पथ निर्माण विभाग के आदेश के तहत की गई है। जानकारी के अनुसार, बक्सर-बरूणा रेलवे स्टेशन के बीच स्थित LC-70A पर रेलवे ओवरब्रिज के निर्माण का ठेका रोहतास जिले के सासाराम निवासी प्रमोद कुमार सिंह को दिया गया था। यह परियोजना बिहार राज्य पुल निर्माण निगम लिमिटेड, कार्य प्रमंडल आरा के अधीन थी। एकरारनामे के मुताबिक, काम 25 अक्टूबर 2022 को शुरू हुआ था और इसे 24 जनवरी 2024 तक पूरा किया जाना था। लोगों के आवागमन शुरू पुल के मुख्य हिस्से और वायाडक्ट का निर्माण पूरा होने के बाद इसे आम लोगों के आवागमन के लिए खोल दिया गया था। हालांकि, 5 जून 2026 को पुल के एक स्पैन में एक्सपेंशन जॉइंट के पास स्लैब क्षतिग्रस्त हो गया। इस घटना के बाद विभाग ने मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच शुरू की। जांच में निर्माण कार्य में गड़बड़ी और लापरवाही सामने आने पर कनीय अभियंता हरेराम राम ने 6 जून को बक्सर मुफस्सिल थाना में ठेकेदार के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराने का अनुरोध किया। इसके आधार पर थाना कांड संख्या 166/26 दर्ज किया गया। प्रमोद कुमार सिंह को 15 साल के लिए किया ब्लैकलिस्ट विभाग ने ठेकेदार से स्पष्टीकरण मांगा था, लेकिन उसका जवाब संतोषजनक नहीं पाया गया। इसके बाद बिहार राज्य पुल निर्माण निगम ने सख्त कदम उठाते हुए प्रमोद कुमार सिंह को 15 साल के लिए ब्लैकलिस्ट कर दिया। विभाग ने यह भी कहा है कि सरकारी निर्माण कार्यों में लापरवाही करने वालों पर भविष्य में भी कड़ी कार्रवाई जारी रहेगी।
Fact Check: क्या बिहार के शिक्षा मंत्री ने कहा लड़कियों को शिक्षा की जरूरत नहीं? सच जानिए
बूम ने पाया कि बिहार के शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी ने Agitation शब्द का इस्तेमाल किया था जिसे एजुकेशन समझकर गलत दावा किया जा रहा है.
पश्चिमी विक्षोभ ला रहा आंधी-तूफान, दिल्ली से लेकर बिहार तक झमाझम बारिश
मई के महीन में पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होने की वजह से मौसम ठंडा हो गया है। मौसम विभाग का अनुमान है कि अगले दो दिन बारिश का सिलसिला जारी रहेगा। तेज हवाओं के साथ रिमझिम बारिश से तापमान सामान्य से कम रहेगा।
पीएम उषा अभियान के तहत बिहार को 600 करोड़ रुपए देगी मोदी सरकार, नीतीश कैबिनेट ने खोला बंद रास्ता
बिहार में पीएम उषा अभियान को लागू करने के प्रस्ताव को नीतीश कुमार सरकार की मंजूरी के बाद राज्य में उच्च शिक्षा के विकास के लिए केंद्र से अगले दो साल में 600 करोड़ रुपए मिलने का रास्ता खुल गया है।
बिहार के प्रिंस कुमार सिंह ने यूपीएससी आईएफएस परीक्षा में 15वीं रैंक प्राप्त की है। इसके अलावा उन्होंने और भी कई बड़े एग्जाम को पास किया हुआ है। जानिए जानते प्रिंस कुमार की कहानी जिन्होंने अपने आर्थिक
बॉलीवुड के मशहूर स्टार कपल सोनाक्षी सिन्हा और जहीर इकबाल 7 वर्ष की डेटिंग के बाद अब पति-पत्नी बन चुके हैं। दोनों की शादी इस वक़्त टॉक ऑफ द टाउन है। सोनाक्षी और जहीर अलग धर्म से हैं। ऐसे में ना उन्होंने निकाह किया तथा ना ही फेरे लिए, बल्कि सादगी से रजिस्टर मैरिज की एवं फिर रिसेप्शन पार्टी रखी। अलग धर्म में शादी करने पर सोनाक्षी एवं जहीर को जमकर ट्रोल किया जा रहा है। ट्रोलिंग के कारण दोनों को अपने वेडिंग पोस्ट का कमेंट सेक्शन तक बंद करना पड़ा। मगर बात तब हद से ज्यादा तब बढ़ गई, जब इंटरफेथ मैरिज करने पर सोनाक्षी एवं जहीर के खिलाफ बिहार के गांव में प्रोटेस्ट मार्च निकाले गए। रिपोर्ट के अनुसार, सोनाक्षी के खिलाफ यह विरोध प्रदर्शन 'हिंदू शिव भवानी सेना' नाम की एक संगठन द्वारा आयोजित किया गया था। जहीर संग शादी पर बेटी सोनाक्षी की हो रही ट्रोलिंग पर अब शत्रुघ्न सिन्हा ने चुप्पी तोड़ी है तथा हेटर्स को जवाब दिया है। अपने एक इंटरव्यू के चलते शत्रुघ्न सिन्हा ने कहा- आनंद बक्शी साहब ने इस तरह के प्रोफेशनल प्रोटेस्टर्स के बारे में लिखा है- कुछ तो लोग कहेंगे, लोगों का काम है कहना। इसमें आगे जोड़ना चाहूंगा कि कहने वाले अगर बेकार, बेकाम-काज के हों तो बोलना ही उनका काम बन जाता है। मेरी बेटी ने कुछ भी ऐसा नहीं किया जो गैरकानूनी एवं संविधान के खिलाफ है। सोनाक्षी-जहीर की शादी पर शत्रुघ्न सिन्हा ने आगे कहा- शादी दो लोगों के बीच का एक बहुत ही व्यक्तिगत फैसला है। इसमें किसी को भी बीच में दखल देने या कमेंट करने का हक नहीं होता। विरोध प्रदर्शन करने वालों को मैं यही बोलना चाहता हूं- अपनी जिंदगी पर ध्यान दो। जिंदगी में कुछ अच्छा करो। इससे ज्यादा और कुछ नहीं कहना। बता दें कि शत्रुघ्न सिन्हा ने खुशी-खुशी अपनी इकलौती बेटी की शादी की है। उन्होंने दामाद जहीर को भी अपना आशीर्वाद दिया है। रिलीज हुआ श्रद्धा कपूर-राजकुमार राव की स्त्री 2 का टीजर, इस अवतार में नजर आए स्टार्स किशोर कुमार के गानों पर बैन, मनोज कुमार-देव आनंद की फिल्मों पर रोक..! बॉलीवुड पर भी पड़ा था 'इमरजेंसी' का बुरा असर सामने आई कंगना रनौत की इमरजेंसी की रिलीज डेट, जानिए किस दिन आ रही है इंदिरा गांधी की बायोपिक?
फिल्म रैप में जानिए कि रविवार को एंटरटेनमेंट की दुनिया में क्या खास हुआ. 9 जून 2024 का दिन एतिहासिक रहा. पीएम नरेंद्र मोदी ने तीसरी बार पीएम बनने की शपथ ली. इस दौरान शाहरुख खान से लेकर अक्षय कुमार भी मौजूद रहे.
परेशान होकर छोड़ी इंडस्ट्री, सालों बाद किया कमबैक, बिहार की लड़की कैसे बनी हीरोइन?
टेलीविजन के पॉपुलर शो उडारियां 15 साल का लीप लेने जा रहा है. लीप के बाद शो एक नई कहानी और स्टारकास्ट के साथ दर्शकों को एंटरटेन करने आ रहा है. लीप से पहले उडारियां में आशमा का रोल निभाने वाली अदिति भगत ने आजतक संग बातचीत की और शो को लेकर कई सारी बातें शेयर कीं.
बीएसईबी बिहार बोर्ड से संबद्ध और एनसीटीई से मान्यता प्राप्त डीएलएड संस्थानों की सूची जारी
Bihar D.El.Ed: बिहार बोर्ड ने डीएलएड प्रवेश परीक्षा 2024 की आंसर की जारी करने के एक दिन बाद अब राज्य में मौजूद सरकारी व निजी डीएलएड प्रशिक्षण संस्थानों की सूची भी जारी कर दी है। डीएलएड में दाखिला लेने
Bihar DElEd Answer Key 2024: आंसर की जारी, ऐसे दर्ज करें ऑब्जेक्शन, देखें डायरेक्ट लिंक
बिहार स्कूल एग्जामिनेशन बोर्ड (BSEB) ने बिहार डिप्लोमा इन एलीमेंट्री एजुकेशन (DElEd) परीक्षा 2024 की आंसर की जारी की। जो उम्मीदवार परीक्षा में उपस्थित हुए हैं, वे आधिकारिक वेबसाइट- biharboardonline.b
Bihar STET: बिहार विद्यालय परीक्षा समिति ने शनिवार को माध्यमिक शिक्षक पात्रता परीक्षा (एसटीईटी)-2024 (प्रथम) परीक्षा कार्यक्रम जारी कर दिया है। पेपर-1 के विभिन्न विषयों की परीक्षा 18 से 29 मई तक होगी।
CSBC Bihar Police Constable Exam: क्या जारी हो चुकी हैं रिवाइज्ड तारीखें, पढ़ें अपडेट
CSBC Bihar Police Constable exam dates: बिहार पुलिस कांस्टेबल भर्ती परीक्षा की नई तारीखों का इंतजार है। परीक्षाएं 1, 7 और 15 अक्टूबर को निर्धारित की गई थीं, जिन्हें रद्द व स्थगित कर दिया गया था। आइए
बॉलीवुड अभिनेत्री नेहा शर्मा की हाल ही में बिहार में एक रोड शो में भागीदारी ने इंटरनेट पर तूफान ला दिया है। क्रुक और तुम बिन 2 जैसी फिल्मों में अपनी भूमिकाओं के लिए मशहूर सुश्री शर्मा को अपने पिता अजीत शर्मा का समर्थन करते देखा गया, जो कांग्रेस के टिकट पर भागलपुर लोकसभा सीट से चुनाव लड़ रहे हैं। यह रोड शो उन अफवाहों के बीच हुआ कि अभिनेता राजनीति में प्रवेश कर सकते हैं। हालाँकि, अब यह स्पष्ट हो गया है कि वह सिर्फ अपने पिता के लिए प्रचार कर रही थीं। नेहा शर्मा ने इंस्टाग्राम पर बांका, किशनगंज, कटिहार और पूर्णिया सहित बिहार के विभिन्न जिलों की अपनी यात्रा दिखाते हुए एक वीडियो साझा किया। वह पारंपरिक सलवार कमीज पहने हुए थीं और जनता का अभिवादन करती और उन्हें वोट डालने के लिए प्रोत्साहित करती नजर आईं। इसे भी पढ़ें: AR Rahman ने नए एल्बम के रिलीज पर Taylor Swift को बधाई दी, नेटिजन ने कहा 'महान कला, महान कला को पहचानती है' View this post on Instagram A post shared by Neha Sharma (@nehasharmaofficial) इसे भी पढ़ें: Tamannaah Bhatia Summoned by cyber cell | 'अवैध' IPL Streaming ऐप मामले में तमन्ना भाटिया को साइबर सेल ने तलब किया रोड शो के दौरान पीरपैंती और कहलगांव में भारी भीड़ ने अभिनेता का गर्मजोशी से स्वागत किया। उन्होंने कैप्शन में लिखा “वे कहते हैं कि जब कोई आपको अपने दिल में जगह देता है, तो आप हमेशा के लिए वहीं रहते हैं। आपने मुझे जो प्यार और समर्थन दिया है, उससे मेरा दिल भर गया है। पीरपैंती और कहलगांव में गर्मजोशी से स्वागत के लिए धन्यवाद। आपका प्यार सारी आँखों पर। सदा आभारी। ऑनलाइन प्रसारित हो रहे एक अन्य वीडियो में अभिनेत्री को भागलपुर में अपने पिता के चुनाव अभियान में सक्रिय रूप से भाग लेते हुए दिखाया गया है। भागलपुर लोकसभा सीट पर दूसरे चरण में 26 अप्रैल को चुनाव होना है। इस सीट पर कांग्रेस का प्रतिनिधित्व करने वाले अजीत शर्मा का मुकाबला जेडीयू के अजय कुमार मंडल से है। पहले ऐसी अफवाह थी कि सुश्री शर्मा राजनीति में प्रवेश कर सकती हैं। हालाँकि, कई रिपोर्टों ने स्पष्ट किया है कि वह अभी चुनावी शुरुआत नहीं कर रही हैं। रिपोर्टों के अनुसार, उनके पिता अजीत शर्मा ने उन्हें राजनीति में शामिल होने का अवसर दिया, शर्मा वर्तमान में अपने अभिनय करियर पर ध्यान केंद्रित कर रही हैं। Bihar, Bhagalpur: Bollywood actress Neha Sharma campaigns for Congress leader and father Ajeet Sharma in the Lok Sabha elections, participates in a roadshow. pic.twitter.com/yEhb4XoQQL — IANS (@ians_india) April 23, 2024 View this post on Instagram A post shared by Neha Sharma (@nehasharmaofficial) View this post on Instagram A post shared by Neha Sharma (@nehasharmaofficial)
सलमान के घर फायरिंग से पहले शूटर्स ने बिहार में की हथियारों की प्रैक्टिस, फार्म हाउस की हुई थी रेकी
14 अप्रैल को, सुबह 4.50 बजे सलमान के बांद्रा स्थित गैलेक्सी अपार्टमेंट के बाहर, अज्ञात हमलावरों ने पांच राउंड फायरिंग की थी. पुलिस ने सलमान के घर पर फायरिंग करने के मामले में विक्की गुप्ता (24 साल) और सागर पाल (21 साल) नाम के दो लड़कों को गिरफ्तार किया था. अब इससे जुड़ा एक बड़ा अपडेट सामने आया है.
Manisha और Elvish के बीच लगी दुश्मनी की आग हुई और तेज, बिहार की बेटी नेसरेआम बना दिया'राव साहब' का मजाक ?
Bihar Board: जानें-10वीं की मार्कशीट में लिखी U/R,B और C जैसी शॉर्ट फॉर्म का क्या मतलब है?
बिहार बोर्ड कक्षा 10वीं का रिजल्ट 31 मार्च को जारी कर दिया गया था। छात्र अपनी ओरिजनल मार्कशीट स्कूल से ले सकते हैं। आइए जानते हैं मार्कशीट में लिखी शॉर्ट फॉर्म की फुलफॉर्म क्या है।
Bihar 10th Board 2024: टॉप 5 में इन 10 छात्रों ने बनाई जगह, जानें नाम और मार्क्स
बिहार स्कूल एग्जामिनेशन बोर्ड ने दसवी का रिजल्ट bsebmatric.org और results.biharboardonline.com पर जारी कर दिया है। इस साल टॉप 10 की लिस्ट ने 51 छात्रों ने अपनी जगह बनाई है। टॉप 5 की लिस्ट में 10 छ
Bihar Board BSEB 2024 Matrci Result Today:बिहार बोर्ड 10वीं का रिजल्ट biharboardonline.bihar.gov.in व biharboardonline.com , onlinebseb.in पर जल्दजारी कर दिया जाएगा।
BSEB: क्लास 10वीं के रिजल्ट से पहले जानें ये 10 जरूरी बातें, मार्कशीट मिलने में मिलेगी मदद
बिहार स्कूल एग्जामिनेशन बोर्ड अब कभी भी वेबसाइट biharboardonline.gov.in पर कक्षा 10वीं के रिजल्ट अपलोड कर सकता है। एक बार रिजल्ट जारी होने के बाद छात्र यहां से डाउनलोड कर सकते हैं।
बिहार स्कूल एग्जामिनेशन बोर्ड (बीएसईबी) मैट्रिक यानी कक्षा 10 बोर्ड परीक्षा का रिजल्ट अब कभी भी biharboardonline.bihar.gov.in पर जारी हो सकता है, जो छात्र परीक्षा में शामिल हुए हैं, वे जान लें, रिजल्
बिहार विद्यालय परीक्षा समिति ने इंटर में एडमिशन को लेकर तैयारी शुरू कर दी है। इस बाबत समिति ने सभी सरकारी, गैर सरकारी विद्यालय, इंटर कॉलेजों की सूची ofssbihar.in पर अपलोड कर दी है।
बीएसईबी मैट्रिक रिजल्ट की घोषणा जल्द की जाएगी। हालांकि अभी तक रिजल्ट की टाइमिंग और तारीख के बारे में कोई जानकारी शेयर नहीं की गई है, लेकिन उम्मीद है नतीजे 31 मार्च तक आधिकारिक वेबसाइट biharboardonlin
BSEB Bihar 10th Board: प्रेस कॉन्फ्रेंस में शेयर की जाएंगी ये 5 डिटेल्स, यहां पढ़ें
छात्र आधिकारिक वेबसाइट्स से बीएसईबी 10वीं स्कोरकार्ड 2024 डाउनलोड कर सकेंगे। रिजल्ट वाले दिन प्रेस कॉन्फ्रेंस होगी। जिसमें बिहार बोर्ड कक्षा 10वीं की परीक्षा से जुड़ी कई डिटेल्स शेयर की जाएगी। आइए ज
Bihar 12th Board: किसान की बेटी बनीं कॉमर्स की टॉपर, अब बनना चाहती हैं प्रोफेसर, करेंगी PhD
बिहार बोर्ड 12वीं की कॉमर्स स्ट्रीम में खुशी कुमारी को जिले में सेकंड रैंक मिली है। उनके पिता किसान हैं। उन्होंने कहा, मेरे पिता ने हमेशा शिक्षा को महत्व दिया है, इसलिए भविष्य में मैं शिक्षा के क्षेत
बिहार बोर्ड ने 12वीं यानी इंटर परीक्षा का रिजल्ट अब जारी कर दिया है। टॉपर्स के नाम भी सामने आ गए हैं। आइए जानते हैं साइंस, कॉमर्स, आर्ट्स स्ट्रीम के टॉपर्स ने किन स्कूलों से पढ़ाई की है। यहां देखें न
BSEB : बारहवीं कक्षा के छात्रों को इंजीनियरिंग और मेडिकल की तैयारी के लिए फ्री में कोचिंग देती है। बिहार विद्यालय परीक्षा समिति (BSEB) गरीब विद्यार्थियों को JEE और NEET की मुफ्त कोचिंग कराती है।
BSEB Bihar Board: बिहार बोर्ड इंटर छात्र जानें टॉप 10 इंजीनियरिंग और मेडिकल कॉलेज
NIRF यानी राष्ट्रीय संस्थागत रैंकिंग फ्रेमवर्क। इस रैंकिंग को शिक्षा मंत्रालय जारी करता है। एनआईआरएफ रैंकिंग में देश के टॉप इंजीनियरिंग कॉलेज, मेडिकल कॉलेज और यूनिवर्सिटी की रैंकिंग जारी की जाती है।
बीएसईबी 12वीं के परिणाम के साथ टॉपर्स की लिस्ट भी शेयर करेगा। जो छात्र परीक्षा में शामिल हुए हैं, वे जान लें, पिछले 7 सालों में आर्ट्स, कॉमर्स और साइंस स्ट्रीम में किसने किया था टॉप। यहां पढ़ें पूरी
Bihar 12th Board 2024: रिजल्ट जारी होने की तारीख और समय के बारे में यहां मिलेगी जानकारी
बिहार स्कूल एग्जामिनेशन बोर्ड (बीएसईबी) जल्द ही इंटरमीडिएट या कक्षा 12वीं बोर्ड परीक्षा 2024 के परिणाम घोषित करेगा। वहीं बोर्ड परिणाम के समय की घोषणा पहले कर दी जाएगी। आइए जानते हैं, आप कहां कर सकें

