प्रयागराज में उत्तर मध्य क्षेत्र सांस्कृतिक केंद्र द्वारा आयोजित 'विमर्श' संवाद श्रृंखला में वरिष्ठ नृत्यांगना बीना सिंह ने उत्तर भारत की पारंपरिक लोककला 'ढेड़िया' पर विस्तृत चर्चा की। उन्होंने बताया कि यह लोकनृत्य केवल मनोरंजन का माध्यम नहीं, बल्कि भारतीय संस्कृति, नारी शक्ति, धैर्य और समर्पण का प्रतीक है। कार्यक्रम का शुभारंभ उपनिदेशक डॉ. मुकेश उपाध्याय, कार्यक्रम प्रभारी कृष्ण मोहन द्विवेदी और मुख्य वक्ता बीना सिंह ने दीप प्रज्ज्वलित कर किया। बीना सिंह ने अपने व्याख्यान में 'ढेड़िया' के ऐतिहासिक और सांस्कृतिक महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि लोक मान्यताओं के अनुसार, त्रेता युग में भगवान श्रीराम के वनवास गमन के समय उनकी मंगल यात्रा और सकुशल वापसी की कामना के लिए 'ढेड़िया उतारने' की परंपरा प्रारंभ हुई थी। यह परंपरा समय के साथ लोक संस्कृति का एक महत्वपूर्ण हिस्सा बन गई। उन्होंने 'ढेड़िया' शब्द का अर्थ 'धैर्यवान बहू' बताया। यह परंपरा महिलाओं के धैर्य, त्याग, श्रद्धा और परिवार के प्रति उनके समर्पण का प्रतीक है। इस लोककला की एक विशिष्ट विशेषता यह है कि महिलाएं अपने सिर पर जलता हुआ दीपक रखकर संतुलन के साथ नृत्य करती हैं, जो आत्मसंयम और गहरी आस्था को दर्शाता है। बीना सिंह ने अनुष्ठान की विधि भी समझाई। उन्होंने बताया कि पूर्व में इस परंपरा में मिट्टी के पात्र में धान की भूसी और कड़वा तेल डालकर दीपक जलाया जाता था। महिलाएं इस दीपक को लेकर गांव के देवस्थल तक जाती थीं और परिवार की सुख-समृद्धि, अच्छी फसल तथा समाज के कल्याण के लिए प्रार्थना करती थीं। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि वर्तमान समय में ऐसी लोक परंपराओं का संरक्षण अत्यंत आवश्यक है। उत्तर मध्य क्षेत्र सांस्कृतिक केंद्र लोककलाओं के संरक्षण और उन्हें नई पीढ़ी तक पहुंचाने में सराहनीय भूमिका निभा रहा है। कार्यक्रम के अंत में एक प्रश्नोत्तर सत्र भी आयोजित किया गया, जिसमें प्रतिभागियों ने लोक संस्कृति और 'ढेड़िया' परंपरा से संबंधित प्रश्न पूछे। कार्यक्रम का संचालन आकाश अग्रवाल ने किया।
गाजियाबाद में अधिवक्ता पर हमला, CCTV में कैद:पुलिस 12 नामजद समेत कई आरोपियों की तलाश में जुटी
गाजियाबाद के क्रॉसिंग रिपब्लिक थाना क्षेत्र में अधिवक्ता अजय कुमार गौतम पर हुए हमले का सीसीटीवी फुटेज सोशल मीडिया पर वायरल हो गया है। यह घटना 11 जुलाई की रात की बताई जा रही है। फुटेज में कई युवक अधिवक्ता को घेरकर मारपीट करते दिख रहे हैं, जिसमें जमीन पर गिरने के बाद भी हमलावर लात-घूंसों से हमला करते नजर आ रहे हैं। पीड़ित अधिवक्ता अजय कुमार गौतम ने बताया कि 11 जुलाई की रात करीब 11 बजे वह अपनी कार से घर लौट रहे थे। आरोप है कि रास्ते में तीन गाड़ियों में सवार 10 से अधिक लोगों ने उनकी कार रोक ली और गाली-गलौज करते हुए उन पर हमला कर दिया। अधिवक्ता के अनुसार, हमलावरों ने उन पर जानलेवा हमला किया। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि कुछ हमलावरों ने तमंचे से फायरिंग की, जिसमें वह बाल-बाल बचे। इसके अलावा, सोने की चेन और नकदी लूटे जाने का भी आरोप लगाया गया है। घटना का सीसीटीवी फुटेज सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल होने के बाद पुलिस ने आरोपितों की पहचान और गिरफ्तारी के प्रयास तेज कर दिए हैं। पीड़ित की शिकायत पर 14 जुलाई को क्रॉसिंग रिपब्लिक थाने में मुकदमा दर्ज किया गया है। एफआईआर में प्रिंस यादव, मनिंद्र आर्य उर्फ मोंटू, देव गुर्जर, मनीष, प्रदीप उर्फ लाला, मोनू यादव, राहुल, नीरज आर्य, विकास यादव, सौरभ यादव, जानी यादव और मोनू कश्यप सहित 12 लोगों को नामजद किया गया है। इसके अतिरिक्त, पांच-छह अज्ञात लोगों को भी आरोपी बनाया गया है। वेव सिटी की सहायक पुलिस आयुक्त प्रियाश्री पाल ने बताया कि पीड़ित की तहरीर के आधार पर विभिन्न धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। पुलिस घटनास्थल के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज और अन्य साक्ष्यों की जांच कर रही है। प्रारंभिक जांच में यह मामला पुरानी रंजिश से जुड़ा बताया जा रहा है। पुलिस ने कहा कि वायरल सीसीटीवी फुटेज सहित सभी उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर आरोपितों की तलाश जारी है।
प्रयागराज में जन शिकायतों के फर्जी निस्तारण और सतही रिपोर्टिंग के मामले में जिलाधिकारी मनीष कुमार वर्मा ने बड़ी कार्रवाई की है। जिलाधिकारी के निर्देश पर हुई जांच में 17 कर्मचारियों की संलिप्तता पाई गई, जिनमें लेखपालों की भूमिका सर्वाधिक रही। इन सभी के खिलाफ सख्त कदम उठाए गए हैं। यह गड़बड़ी कोरांव तहसील में आयोजित पिछले सम्पूर्ण समाधान दिवस के दौरान आई शिकायतों के निस्तारण में सामने आई। जिलाधिकारी ने जिले स्तर के 17 अधिकारियों की एक टीम से इन शिकायतों का परीक्षण करवाया। जांच में पाया गया कि 51 निस्तारित प्रकरणों में से 23 मामलों में शिकायतकर्ताओं ने निस्तारण प्रक्रिया पर असंतोष व्यक्त किया था। मौके पर की गई पड़ताल से पता चला कि संबंधित कर्मचारियों ने समस्याओं का समाधान करने के बजाय केवल सतही और खानापूर्ति वाली रिपोर्ट लगा दी थी। इस अनियमितता में लेखपालों की संलिप्तता सबसे अधिक पाई गई। इस रिपोर्ट के आधार पर जिलाधिकारी के निर्देश पर लापरवाह कर्मचारियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की गई है। लेखपाल शुभम मिश्रा, अतुल कुमार तिवारी, नवनीत उपाध्याय, निष्कर्ष देव वर्धन पटेल और रवि शंकर सरोज को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है। इसके अतिरिक्त, राजस्व निरीक्षक प्रभाकांत, विद्युत विभाग के अवर अभियंता अजय कर्दम, बेलन नहर प्रखण्ड के बालगोविन्द मिश्रा, ग्राम विकास अधिकारी माण्डा रामसकल, थाना कोरांव के उप निरीक्षक अंकुश कुमार व दीपक राजपूत, तथा पेशकार अजय शंकर को भी कारण बताओ नोटिस थमाया गया है। वहीं, राजस्व लेखपाल बृजभान, अवर अभियंता (देवघाट) अवधेश कुमार, वन विभाग के क्षेत्रीय वन अधिकारी मथुरा यादव और वन दरोगा मानवेन्द्र सिंह के सेवा रिकॉर्ड में प्रतिकूल प्रविष्टि दर्ज करने के निर्देश दिए गए हैं। बेलन नहर विभाग के जेई आशुतोष विजेता को भविष्य के लिए चेतावनी दी गई है। जिलाधिकारी ने कड़े शब्दों में कहा है कि जन समस्याओं का निस्तारण केवल कागजों पर नहीं, बल्कि धरातल पर होना चाहिए। उन्होंने स्पष्ट चेतावनी दी कि शिकायतों के निस्तारण में किसी भी स्तर पर बरती गई लापरवाही को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
रेवाड़ी में अवैध शराब तस्करी के खिलाफ चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत आईजीपी साउथ रेंज की स्पेशल टीम ने बड़ी कार्रवाई करते हुए 177 पेटी अवैध शराब और बीयर से भरी एक बंद बॉडी पिकअप गाड़ी जब्त की है। कार्रवाई के दौरान पुलिस ने ड्राइवर अविनाश निवासी गांव फिदेड़ी को गिरफ्तार कर लिया। आरोपी को कोर्ट में पेश करने के बाद दो दिन के पुलिस रिमांड पर लिया गया है। पुलिस अब उससे पूछताछ कर पूरे तस्करी नेटवर्क का पता लगाने में जुटी है। जानकारी के अनुसार, आईजीपी साउथ रेंज ओम प्रकाश नरवाल के निर्देशन में स्पेशल स्टाफ को सूचना मिली थी कि गांव फिदेड़ी निवासी अविनाश धारूहेड़ा से एक बंद बॉडी पिकअप में अवैध शराब लेकर बावल होते हुए झाबुआ रोड की ओर जाने वाला है। सूचना मिलते ही स्पेशल टीम ने बावल थाना पुलिस के साथ समन्वय कर झाबुआ रोड पर नाकेबंदी कर वाहनों की जांच शुरू कर दी। तलाशी में मिली 177 पेटी अवैध शराब और बीयर चेकिंग के दौरान संदिग्ध पिकअप को रोककर तलाशी ली गई। गाड़ी के अंदर बड़ी मात्रा में शराब और बीयर की पेटियां बरामद हुईं। पुलिस ने आबकारी विभाग के इंस्पेक्टर को मौके पर बुलाकर गिनती कराई। जांच में 90 पेटी विभिन्न ब्रांड की बीयर और 87 पेटी अवैध अंग्रेजी शराब बरामद हुई। कुल 177 पेटी शराब और बीयर जब्त कर ली गई। दस्तावेज नहीं दिखा सका आरोपी पूछताछ के दौरान पुलिस ने आरोपी से शराब के परिवहन संबंधी वैध लाइसेंस और परमिट मांगा, लेकिन वह कोई भी दस्तावेज प्रस्तुत नहीं कर सका। इसके बाद थाना बावल में आरोपी के खिलाफ आबकारी अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया गया। तस्करी नेटवर्क की जांच में जुटी पुलिस पुलिस ने आरोपी को कोर्ट में पेश कर दो दिन के पुलिस रिमांड पर लिया है। रिमांड के दौरान यह पता लगाया जाएगा कि अवैध शराब कहां से लाई गई थी, इसकी सप्लाई कहां होनी थी और इस पूरे नेटवर्क में कौन-कौन लोग शामिल हैं। पुलिस का कहना है कि अवैध शराब तस्करी के खिलाफ अभियान लगातार जारी रहेगा और ऐसे कारोबार में शामिल किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा।
इंदौर के चोरल रेंज के ग्राम रसकुंडिया के जंगल में शनिवार दोपहर उस समय सनसनी फैल गई, जब शासकीय कार्य करने पहुंची वन विभाग की टीम पर कुछ लोगों ने हमला कर दिया। अतिक्रमण संभावित क्षेत्र में जल संरचना और कंटूर निर्माण का काम रोकने पहुंचे आरोपियों ने न सिर्फ वन विभाग के अमले पर पथराव किया, बल्कि तलवार और फालिये से भी हमला कर दिया। इस झड़प में एक वनरक्षक के हाथ की कलाई पर तलवार का हत्था लगने से वह घायल हो गया। उसे इलाज के लिए मध्यभारत अस्पताल भेजा गया। आरोपियों ने जेसीबी और वन विभाग की एम्बुलेंस पर भी पथराव किया, जिससे वाहनों को नुकसान पहुंचा। घटना के बाद सिमरोल थाने में शिकायत दर्ज कराई गई। पुलिस ने तीन लोगों के खिलाफ केस दर्ज किया है। सिमरोल पुलिस के मुताबिक, वनपाल दर्शन सिंह परमार की शिकायत पर पवन पिता प्रेमसिंह भील, अनोखीलाल पिता प्रेमसिंह भील और प्रेमसिंह पिता पूनमचंद भील के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है। वनपाल ने बताया कि वे जंगल में शासकीय कार्य कराने पहुंचे थे। उनके साथ विभाग का अन्य स्टाफ भी मौजूद था। इसी दौरान प्रेमसिंह और उसके दोनों बेटे तलवार और फालिया लेकर पहुंचे तथा कर्मचारियों से गाली-गलौज करने लगे। विरोध करने पर उन्होंने पथराव शुरू कर दिया और शासकीय कार्य रुकवा दिया। आरोपियों ने दोनों जेसीबी और वन विभाग की एम्बुलेंस के कांच भी फोड़ दिए। जान से खत्म करने दी धमकी घटना के दौरान अनोखीलाल के पास फालिया और पवन के पास तलवार थी। पवन ने वनरक्षक आनंद कुमार सिंह के साथ हाथापाई शुरू कर दी। इस हाथापाई में तलवार का हत्था आनंद कुमार के हाथ की कलाई पर लगा, जिससे आनंद कुमार सिंह को चोट लग गई और वह घायल हो गया। जैसे तैसे वन विभाग के कर्मचारियों ने आनंद कुमार को पवन से छुड़वाया। तीनों ने धमकी दी कि आज के बाद इस जगह पर कुछ भी काम करने लिए आए तो जान से खत्म कर देंगे। जिसके वन विभाग के कर्मचारी घायल आनंद को लेकर अस्पताल पहुंचे। वीडियो भी आया सामने इधर, जंगल में हुई इस घटना का एक वीडियो भी सामने आया है। जिसमें आरोपी हाथों में हथियार लिए नजर आ रहे हैं और काम को रोकने की कोशिश कर रहे हैं। इधर, घटना की शिकायत के बाद पुलिस ने मामले में तीन लोगों को पर केस दर्ज कर आरोपियों की तलाश शुरू कर दी है।
बारादरी पुलिस ने अफीम तस्कर को दबोचा:उसके पास से 227 ग्राम अवैध मादक पदार्थ बरामद
बरेली के बारादरी पुलिस ने मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ कार्रवाई करते हुए शनिवार को एक तस्कर को गिरफ्तार किया है। उसके कब्जे से 227 ग्राम अवैध अफीम बरामद की गई है। आरोपी होटल और ढाबों पर ट्रक चालकों को अफीम बेचने की फिराक में था। पुलिस ने संदिग्ध व्यक्तियों की चेकिंग के दौरान शहदाना पुल के पास एक व्यक्ति पुलिस टीम को देखकर भागने लगा। पुलिस ने घेराबंदी कर उसे पकड़ लिया। तलाशी लेने पर उसके पास से 227 ग्राम अवैध अफीम बरामद हुई, जिसकी अंतरराष्ट्रीय बाजार में अनुमानित कीमत लगभग दो लाख रुपये आंकी गई है। गिरफ्तार आरोपी की पहचान वीरू उर्फ धर्मेंद्र (38) पुत्र केदारनाथ के रूप में हुई है, जो चनैटी लाल फाटक, थाना कैंट का निवासी है। आरोपी के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट की संबंधित धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। पूछताछ के दौरान आरोपी ने पुलिस को बताया कि वह मजदूरी करता है, लेकिन अधिक कमाई के लालच में अफीम खरीदकर होटल और ढाबों पर आने वाले ट्रक चालकों को बेचता था। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि आरोपी यह अफीम किससे खरीदता था और उसका नेटवर्क किन-किन क्षेत्रों तक फैला हुआ है। पुलिस ने आरोपी को आवश्यक विधिक कार्रवाई पूरी करने के बाद न्यायालय में पेश करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है।
नेपाल की महिला की सड़क हादसे में मौत:खाटू श्याम दर्शन को मनोना धाम जाते समय हुआ हादसा
बरेली में शनिवार को एक सड़क हादसे में नेपाल निवासी एक महिला की मौत हो गई। महिला खाटू श्याम के दर्शन के लिए मनोना धाम जा रही थी। इस दुर्घटना में उनके साथ यात्रा कर रहीं दो अन्य महिलाएं घायल हुई हैं। जानकारी के अनुसार, नेपाल के सिराहा जिले के विष्णुपुर गांव निवासी मीना देवी अपने बेटे पवन, बहन शकुंती और कुछ अन्य यात्रियों के साथ बरेली जंक्शन से टेंपो में सवार होकर मनोना धाम जा रही थीं। शनिवार को थाना बिशारतगंज क्षेत्र में रामगंगा नदी पार करने के बाद सामने से आ रही एक तेज रफ्तार कार ने उनके टेंपो को टक्कर मार दी। टक्कर इतनी जोरदार थी कि टेंपो में सवार मीना देवी, शकुंती और एक अन्य महिला गंभीर रूप से घायल हो गईं। हादसे की सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची और सभी घायलों को मझगवां सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया। अस्पताल में चिकित्सकों ने मीना देवी को मृत घोषित कर दिया। अन्य दोनों घायल महिलाओं का उपचार जारी है। पुलिस ने मृतका के शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। पुलिस दुर्घटना के कारणों की जांच कर रही है और टक्कर मारने वाली कार के संबंध में जानकारी जुटाई जा रही है।
गौतमबुद्ध नगर में हिंडन नदी का जलस्तर अचानक बढ़ गया है। डूब क्षेत्र में कई जगहों पर पानी भरने के बाद जिला प्रशासन अलर्ट मोड पर आ गया है। शनिवार दोपहर को एडीएम अजीत कुमार सिंह ने यूसुफपुर और डूब क्षेत्र का दौरा किया। इस दौरान उन्होंने स्थानीय लोगों से बातचीत कर उनकी समस्याओं को जाना और संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। जलस्तर बढ़ने की जानकारी लाउडस्पीकर के माध्यम से भी लोगों तक पहुंचाई जा रही है। एडीएम अजीत कुमार सिंह ने बताया कि हिंडन का जलस्तर बढ़ने के बाद प्रशासन की टीम तुरंत अलर्ट हो गई है। प्रशासन लगातार स्थिति पर नजर बनाए हुए है। पहले से सक्रिय 18 बाढ़ चौकियों को पूरी तरह से एक्टिव कर दिया गया है। बिजली विभाग सहित अन्य संबंधित विभागों को भी अलर्ट जारी किया गया है और उन्हें आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए हैं। प्रशासन ने अपनी तैयारियों को पूरा बताया है और कहा है कि वह हर परिस्थिति से निपटने के लिए तैयार है। हालांकि, उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि अभी जलस्तर बहुत अधिक नहीं बढ़ा है।
अयोध्या के महराजगंज थाना पुलिस ने चोरी की एक वारदात का खुलासा करते हुए एक पुरुष और एक महिला को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने उनके कब्जे से चोरी किए गए सोने-चांदी के आभूषण और 9 हजार रुपये नकद बरामद किए। गिरफ्तार किए गए दोनों आरोपियों को शनिवार 18 जुलाई की दोपहर बाद न्यायालय में पेश किया गया जहां सुनवाई के बाद शाम को जेल भेज दिया गया। अपर पुलिस अधीक्षक ग्रामीण बलवंत चौधरी के निर्देश पर प्रभारी निरीक्षक देवेंद्र सिंह के नेतृत्व में उपनिरीक्षक हिमांशु सिंह और उनकी टीम ने इस कार्रवाई को अंजाम दिया। पुलिस के अनुसार, यह मामला 8 जुलाई 2026 का है। महराजगंज थाना क्षेत्र के एक व्यक्ति ने शिकायत दर्ज कराई थी कि अज्ञात चोरों ने उसके भाई के घर के पीछे का रोशनदान तोड़कर प्रवेश किया और नकदी व आभूषण चुरा लिए। इस शिकायत के आधार पर महराजगंज थाने में दर्ज मुकदमे के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू की गई। विवेचना के दौरान इसमें धारा 317(2) बीएनएस की भी बढ़ोतरी की गई। गठित पुलिस टीम ने मुखबिर की सूचना पर कार्रवाई करते हुए 18 जुलाई को मया बाजार बाईपास स्थित बनगवां मोड़ के पास से आरोपियों को गिरफ्तार किया। गिरफ्तार किए गए लोगों की पहचान सुंदर पुत्र स्वर्गीय मथुरा और शीला पत्नी राकेश उर्फ पौवा, दोनों निवासी ग्राम बनगवां, थाना महराजगंज, जनपद अयोध्या के रूप में हुई है। पुलिस ने आरोपियों के पास से दो अंगूठियां, एक जोड़ी झुमकी, एक जोड़ी कान के टॉप्स, दो लॉकेट, एक मांगटीका, एक करधनी, दो जोड़ी पायल, एक ब्रेसलेट और 9 हजार रुपये नकद बरामद किए। पूछताछ और बरामदगी के आधार पर पुलिस ने चोरी की इस घटना का सफल अनावरण किया। पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार अभियुक्त सुंदर के खिलाफ चोरी, आबकारी और एनडीपीएस अधिनियम सहित विभिन्न थानों में कई आपराधिक मुकदमे दर्ज हैं। अभियुक्ता शीला के विरुद्ध भी चोरी से संबंधित कई मामले पहले से दर्ज हैं। दोनों आरोपियों के खिलाफ नियमानुसार विधिक कार्रवाई की जा रही है। आरोपियों को गिरफ्तार करने वाली टीम में उपनिरीक्षक हिमांशु सिंह, हेड कांस्टेबल मनोज कुमार, कांस्टेबल ऋषिकेश चौरसिया और महिला कांस्टेबल प्रिया यादव शामिल थीं।
असम का युवक चलती ट्रेन से गिरा:मुंबई से लौटते समय हादसा, जिला अस्पताल में गंभीर हालत में उपचार जारी
हरदा जिले में एक युवक चलती ट्रेन से गिरकर गंभीर रूप से घायल हो गया। उसे उपचार के लिए जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उसकी हालत नाजुक बनी हुई है। यह घटना शनिवार शाम करीब छह बजे छीपाबड़ थाना क्षेत्र के भिरंगी रेलवे स्टेशन के पास हुई। पुलिस को मुंबई-दिल्ली रेलमार्ग के अप और डाउन ट्रैक के बीच खंभा नंबर 651 के 17/19 पॉइंट के पास एक युवक के पड़े होने की सूचना मिली थी। यह स्थान भिरंगी रेलवे स्टेशन से लगभग 500 मीटर हरदा की ओर है। डायल 112 की मदद से घायल युवक को अस्पताल पहुंचाया गया। हादसे में युवक का मोबाइल टूट गया था, लेकिन उसकी जेब से मिले मोबाइल बिल के आधार पर संपर्क किया गया। उसके बड़े भाई मेहंदी हसन ने बताया कि युवक का नाम मोक्तादिर हसन (19) है और वह असम राज्य के कोकराझार जिले के गोसाईगांव थाना क्षेत्र का निवासी है। मोक्तादिर आठ दिन पहले रोजगार की तलाश में मुंबई गया था और वापस असम लौटते समय यह हादसा हुआ। पुलिस के अनुसार, युवक संभवतः ट्रेन की बोगी के गेट पर बैठा था, जिसके कारण वह नीचे गिर गया। जिला अस्पताल के डॉक्टर मोहम्मद इरफान ने बताया कि मोक्तादिर के सिर में गंभीर चोटें आई हैं और उसे करीब 35 टांके लगे हैं। उसकी हालत नाजुक बनी हुई है और उपचार जारी है।
सहारनपुर में कांवड़ यात्रा की तैयारियों के मद्देनजर प्रशासन पूरी तरह अलर्ट है। शनिवार शाम 5 बजे मंडलायुक्त डॉ. रूपेश कुमार, डीएम अरविंद कुमार चौहान और एसएसपी अभिनंदन ने एसपीसिटी व्योम बिंदल के साथ जिले के प्रमुख कांवड़ मार्गों का निरीक्षण किया। यह निरीक्षण सरसावा हाईवे कट से लेकर गागलहेड़ी थाना क्षेत्र तक किया गया। अधिकारियों ने निरीक्षण के दौरान बैरिकेडिंग, ट्रैफिक डायवर्जन, सड़क की स्थिति, प्रकाश व्यवस्था, साफ-सफाई, पेयजल और चिकित्सा सुविधाओं का जायजा लिया। उन्होंने कांवड़ियों के विश्राम स्थलों का भी बारीकी से निरीक्षण कर संबंधित विभागों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। प्रशासन ने स्पष्ट निर्देश दिए कि कांवड़ यात्रा के दौरान श्रद्धालुओं को किसी भी प्रकार की असुविधा नहीं होनी चाहिए। इसके लिए सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने, संवेदनशील स्थानों पर पर्याप्त पुलिस बल तैनात करने और यातायात को सुचारु बनाए रखने के निर्देश दिए गए। अधिकारियों ने सीसीटीवी कैमरों और ड्रोन के माध्यम से पूरे कांवड़ मार्ग की लगातार निगरानी पर जोर दिया, ताकि किसी भी संदिग्ध गतिविधि पर तत्काल कार्रवाई की जा सके। साथ ही, एंबुलेंस, मेडिकल टीम और अन्य आपातकालीन सेवाओं की हर समय उपलब्धता सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए गए। बिजली, पेयजल और साफ-सफाई से जुड़े विभागों को सभी व्यवस्थाएं समय पर पूरी करने को कहा गया है। एसएसपी ने अधीनस्थ अधिकारियों को कांवड़ यात्रा शुरू होने तक सभी तैयारियों की नियमित समीक्षा करने और किसी भी स्तर पर लापरवाही न बरतने के निर्देश दिए। एसएसपी ने कहा कि श्रद्धालुओं की सुरक्षा, सुविधा और सुगम आवागमन पुलिस प्रशासन की सर्वोच्च जिम्मेदारी है। प्रशासन का अनुमान है कि इस बार कांवड़ यात्रा में बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचेंगे। इसे देखते हुए सुरक्षा, यातायात और मूलभूत सुविधाओं को लेकर व्यापक तैयारियां की जा रही हैं, ताकि यात्रा शांतिपूर्ण, सुरक्षित और व्यवस्थित तरीके से संपन्न हो सके।
जोधपुर का मेडिकल प्रशासन लगातार सिजेरियन डिलीवरी के बाद बिगड़ रही प्रसूताओं की तबीयत को लेकर पर्दा डाल रहा है। अब बताया जा रहा है कि तीन प्रसूताओं की किडनी में इन्फेक्शन हुआ है। अब मेडिकल कॉलेज की ओर से जारी की जानकारी में बताया गया है कि 5 नहीं 8 प्रसूताओं का इलाज चल रहा है। इनमें से एक प्रसूता की गलत खून चढ़ाने के बाद तबीयत बिगड़ी थी। ये सभी हॉस्पिटल में एडमिट है। इनमें से 5 प्रसूताओं का इलाज उम्मेद हॉस्पिटल में चल रहा है, जबकि 3 प्रसूताएं महात्मा गांधी हॉस्पिटल में एडमिट हैं। यहां पर एक प्रसूता पिछले 24 दिन से एडमिट है, जो वेंटिलेटर पर है और उसका डायलिसिस भी चल रहा है। उम्मेद हॉस्पिटल में इन प्रसूताओं का चल रहा है इलाज प्रसूता सरोज को ओसियां से रेफर किया गया था। सरोज को कार्डियक प्रॉब्लम हुई थी, जिससे सिजेरियन डिलीवरी करने पड़ी। अभी सरोज वेंटिलेटर पर है। हालत में सुधार होने पर एमआरआई करवाई जाएगी। प्रसूता रेखा को शुक्रवार को पाली के प्राइवेट हॉस्पिटल से रेफर किया गया था। उसे ब्लीडिंग और हेल्प सिंड्रोम की दिक्कत थी। वह अभी ऑक्सीजन पर है। ब्लीडिंग ज्यादा होने पर शुक्रवार को एक बार उसे वेंटिलेटर पर रखा गया था, अब हटा दिया गया है। प्रसूता पूजा को शेरगढ़ से उम्मेद हॉस्पिटल लाया गया था। ज्यादा ब्लीडिंग होने के बाद अभी आईसीयू में है। रोशनी को नागौर से रेफर किया गया था। वह भी नागौर के प्राइवेट हॉस्पिटल से उम्मेद हॉस्पिटल रेफर हुई थी। उसे पहले से बीपी की समस्या थी। बीपी बढ़ गया था। इसके साथ ही बच्चा उल्टा हुआ था। अभी ऑक्सीजन सपोर्ट पर आईसीयू में है। प्रसूता बज्जू को जैतारण के प्राइवेट हॉस्पिटल से रेफर किया गया था। उसके WBC चढ़ाया गया है। प्लेटलेट्स कम है, इसके लिए हॉस्पिटल ने डोनर की व्यवस्था की जा रही है। महात्मा गांधी हॉस्पिटल में एक प्रसूता उम्मेद से रेफर धापू की बावड़ी में नॉर्मल डिलीवरी हुई थी। इसके बाद एनीमिया के कारण उसे उम्मेद हॉस्पिटल रेफर किया गया था। लेकिन, 12 जुलाई को O पॉजिटिव की जगह B पॉजिटिव ब्लड चढ़ा दिया था। इसके बाद 13 जुलाई को उसे महात्मा गांधी हॉस्पिटल रेफर किया गया। अभी उसकी हालत में सुधार है। दूसरी महिला तिंवरी निवासी समू है, जो पिछले 24 दिनों से महात्मा गांधी हॉस्पिटल में है। इसके गर्भाशय और पेशाब की थैली फट गई थी। इसी हालत में 24 जून को इसे महात्मा गांधी हॉस्पिटल लाया गया था। अभी ये वेंटिलेटर पर है और डायलिसिस चल रहा है। तीसरी प्रसूता बावड़ी निवासी उषा है। जिसे 18 जुलाई शनिवार को उम्मेद हॉस्पिटल से महात्मा गांधी रेफर किया गया था। इस महिला के ज्यादा खून बहने के कारण किडनी पर असर आया। इसके बाद उसे रेफर किया गया। इधर, अधिकारी पहुंचे निरीक्षण करने, प्रिंसिपल बोले- बीपी और तान आने से बिगड़ी तबीयत इधर, इस मामले को लेकर एडीएम जवाहर चौधरी महात्मा गांधी अस्पताल पहुंचकर निरीक्षण किया। इसके साथ ही एसडीएम (दक्षिण) पंकज जैन ने भी अस्पताल पहुंचकर वहां की व्यवस्थाएं देखी। संभागीय आयुक्त केएल स्वामी भी उम्मेद हॉस्पिटल पहुंचे थे और यहां की सारी व्यवस्थाओं का जायता लेने के साथ रिव्यू भी किया। वहीं इस मामले को लेकर मेडिकल कॉलेज प्रिंसिपल डॉ. बीएस जोधा ने बताया कि तीन प्रसूताओं की किडनी में इन्फेक्शन है, जो महात्मा गांधी हॉस्पिटल में एडमिट है। जबकि उम्मेद हॉस्पिटल में एडमिट प्रसूताओं में बीपी और तान आने की शिकायत है। ------------ मामले से जुड़ी ये खबर भी पढ़िए… जोधपुर में फिर 5 प्रसूताओं की तबीयत बिगड़ी:तीन ICU में; 1 वेंटिलेटर पर, उम्मेद हॉस्पिटल का दावा-सभी रेफर होकर आईं जोधपुर में सिजेरियन डिलीवरी के बाद फिर प्रसूताओं की तबीयत बिगड़ने का मामला सामने आय है। पिछले दो दिन में 5 प्रसूताओं की तबीयत बिगड़ी है। इन सभी का इलाज उम्मेद हॉस्पिटल में चल रहा है। (पूरी खबर पढ़ें…)
कानपुर में युवती से दुष्कर्म:जाजमऊ पुलिस ने 24 घंटे में आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेजा
कानपुर के जाजमऊ थाना क्षेत्र में भरोसे के रिश्ते को शर्मसार करने वाला मामला सामने आया है। परिवार का करीबी बनकर घर में आने-जाने वाले युवक ने कथित तौर पर एक युवती के साथ दुष्कर्म कर दिया। घटना का खुलासा होने के बाद पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए मुकदमा दर्ज किया और महज 24 घंटे के भीतर आरोपी को गिरफ्तार कर शनिवार शाम करीब 5 बजे जेल भेज दिया। पुलिस के मुताबिक, आरोपी की पहचान नावेद अली खान निवासी जाजमऊ के रूप में हुई है। वह लंबे समय से पीड़िता के परिवार के संपर्क में था। मोहल्ले में रहने के कारण उसका परिवार के घर आना-जाना था, जिससे सभी उस पर भरोसा करते थे। आरोप है कि इसी विश्वास का फायदा उठाकर उसने मौका मिलने पर युवती के साथ दुष्कर्म की वारदात को अंजाम दिया। घटना के बाद पीड़िता मानसिक रूप से काफी आहत हो गई। हिम्मत जुटाकर उसने पूरी घटना अपने परिजनों को बताई। जानकारी मिलते ही परिवार के लोग उसे लेकर जाजमऊ थाने पहुंचे और आरोपी के खिलाफ लिखित शिकायत दी। शिकायत मिलते ही पुलिस ने तत्काल मुकदमा दर्ज कर आरोपी की तलाश शुरू कर दी। सर्विलांस और स्थानीय सूचना तंत्र की मदद से पुलिस ने आरोपी को दबोच लिया। पूछताछ के बाद उसे न्यायालय में पेश किया गया, जहां से जेल भेज दिया गया। थाना प्रभारी संजय पांडेय ने बताया कि पीड़िता की तहरीर के आधार पर मुकदमा दर्ज कर आरोपी को गिरफ्तार किया गया है। मामले में सभी आवश्यक कानूनी कार्रवाई पूरी कर ली गई है। विवेचना जारी है और जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
मऊगंज पुलिस ने लंबे समय से फरार चल रहे दो इनामी बदमाशों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने एनडीपीएस (NDPS) एक्ट के मामले में 10 हजार के इनामी आरोपी और एससी-एसटी (SC-ST) एक्ट के मामले में 5 हजार रुपए के इनामी स्थायी वारंटी को पकड़ा। इसके साथ ही पुलिस ने अलग-अलग इलाकों से लापता एक 12 वर्षीय बालक और 17 और 16 वर्ष की दो लड़कियों को पुलिस ने ढूंढकर परिवार को सौंपा। दोनों इनामी आरोपियों को पकड़कर न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया है। एनडीपीएस मामले का 10 हजारी इनामी दूसरे राज्य से गिरफ्तार पहला मामला जून 2025 में दर्ज एनडीपीएस एक्ट और ड्रग्स कंट्रोल अधिनियम से जुड़ा है। इस मामले में पुलिस ने पहले दो आरोपियों से 70 शीशी नशीली कफ सिरप जब्त की थी। तब से ही आरोपी सुनील तिवारी उर्फ बक्के तिवारी उर्फ लाला तिवारी (निवासी घुरेहटा) फरार चल रहा था और उस पर 10 हजार रुपए का इनाम घोषित था। मऊगंज पुलिस ने तकनीकी साक्ष्यों और मुखबिरों की मदद से जाल बिछाकर आरोपी को उत्तर प्रदेश से गिरफ्तार कर लिया। 5 हजार का इनामी वारंटी भी चढ़ा हत्थे दूसरे मामले में भारतीय न्याय संहिता (BNS) और एससी-एसटी अधिनियम के तहत फरार चल रहे आरोपी संतोष सोनी उर्फ लाला उर्फ यश सोनी (निवासी बहुती) को मुखबिर की सूचना पर गिरफ्तार किया गया।
उदयपुर में मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ केंद्रीय नारकोटिक्स ब्यूरो (CBN) ने एक बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया है। सीबीएन की टीम ने राणा प्रताप नगर रेलवे स्टेशन पर घेराबंदी करके तीन शातिर ड्रग तस्करों को गिरफ्तार किया है। इन तस्करों के पास से तीन ट्रॉली बैगों में छिपाकर ले जाई जा रही 40.730 किलोग्राम पोस्ता भूसी (डोडा चूरा) बरामद की गई है। पकड़े गए आरोपी इस खेप को ट्रेन के जरिए मुंबई ले जाने की फिराक में थे। खुफिया सूचना पर सीबीएन ने बिछाया जाल सीबीएन के अधीक्षक अनिल कुमार ने बताया कि विभाग को एक पुख्ता खुफिया सूचना मिली थी कि कुछ लोग भारी मात्रा में नशीला पदार्थ लेकर राणा प्रताप नगर रेलवे स्टेशन से मुंबई जाने वाले हैं। सूचना पर त्वरित कार्रवाई करते हुए 17 जुलाई की शाम को सीबीएन उदयपुर के अधिकारियों की एक स्पेशल टीम का गठन किया गया और उसे तुरंत रेलवे स्टेशन के लिए रवाना किया गया। टीम ने स्टेशन परिसर में पहुंचकर संदिग्ध लोगों पर पैनी नजर रखनी शुरू कर दी। भीड़ का फायदा उठाकर भागने की कोशिश, पीछा कर दबोचा स्टेशन पर निगरानी के दौरान जैसे ही टीम ने हुलिए के आधार पर तीन संदिग्ध युवकों को पहचान कर पूछताछ के लिए रोकने की कोशिश की, तो वे घबरा गए। आरोपी स्टेशन पर मौजूद यात्रियों की भीड़ का फायदा उठाकर भागने लगे, लेकिन सीबीएन के अधिकारियों ने मुस्तैदी दिखाते हुए उनका पीछा किया और तीनों को मौके पर ही दबोच लिया। रेलवे स्टेशन पर भारी भीड़ और सुरक्षा कारणों की वजह से वहां बैग खोलना उचित नहीं था, इसलिए टीम कानूनी कागजी कार्रवाई पूरी कर तीनों को सामान समेत सीबीएन ऑफिस ले आई। ऑफिस में बैग खोले तो खुली पोल, एनडीपीएस एक्ट में मामला दर्ज सीबीएन ऑफिस लाकर जब तीनों ट्रॉली बैगों की बारीकी से तलाशी ली गई, तो उनके अंदर से 40 किलो 730 ग्राम पोस्ता भूसी बरामद हुई। इसके बाद सीबीएन ने एनडीपीएस (NDPS) एक्ट के तहत नशीले पदार्थ को जब्त कर लिया और तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। फिलहाल सीबीएन की टीम पकड़े गए आरोपियों से कड़ाई से पूछताछ कर रही है ताकि इस नेटवर्क से जुड़े अन्य तस्करों का पता लगाया जा सके। उदयपुर में मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ केंद्रीय नारकोटिक्स ब्यूरो (सीबीएन) ने एक बड़ी कार्रवाई की है। सीबीएन की टीम ने राणा प्रताप नगर रेलवे स्टेशन पर घेराबंदी करके तीन ड्रग तस्करों को गिरफ्तार किया है। इन तस्करों के पास से तीन ट्रॉली बैगों में छिपाकर ले जाई जा रही 40.730 किलोग्राम पोस्ता भूसी (डोडा चूरा) बरामद की गई है। पकड़े गए आरोपी इस खेप को ट्रेन के जरिए मुंबई ले जाने की फिराक में थे। सीबीएन के अधीक्षक अनिल कुमार ने बताया कि विभाग को एक पक्की खुफिया सूचना मिली थी। सूचना में कहा गया था कि कुछ लोग भारी मात्रा में नशीला पदार्थ लेकर राणा प्रताप नगर रेलवे स्टेशन से मुंबई जाने वाले हैं। सूचना पर 17 जुलाई की शाम को सीबीएन उदयपुर के अधिकारियों की एक स्पेशल टीम बनाई गई और उसे तुरंत रेलवे स्टेशन के लिए रवाना किया गया। टीम ने स्टेशन परिसर में पहुंचकर संदिग्ध लोगों पर कड़ी नजर रखनी शुरू कर दी। जैसे ही टीम ने हुलिए के आधार पर तीन संदिग्ध युवकों को पहचान कर पूछताछ के लिए रोकने की कोशिश की, तो वे घबरा गए। आरोपी स्टेशन पर मौजूद भीड़ का फायदा उठाकर भागने लगे। लेकिन सीबीएन के अधिकारियों ने मुस्तैदी दिखाते हुए पीछा किया और तीनों को मौके पर ही दबोच लिया। रेलवे स्टेशन पर भारी भीड़ और सुरक्षा कारणों की वजह से वहां बैग खोलना ठीक नहीं था, इसलिए टीम कानूनी कागजी कार्रवाई पूरी कर तीनों को सामान समेत सीबीएन आफिस ले आई। आफिस लाकर जब तीनों ट्रॉली बैगों की बारीकी से तलाशी ली गई, तो उनके अंदर से 40 किलो 730 ग्राम पोस्ता भूसी निकली। इसके बाद सीबीएन ने एनडीपीएस एक्ट के तहत नशीले पदार्थ को जब्त कर लिया और तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। फिलहाल सीबीएन की टीम पकड़े गए आरोपियों से पूछताछ कर रही है।
गोंडा जिले में नगर कोतवाली क्षेत्र के गोंडा-बलरामपुर मार्ग पर चिंटू बाबा मंदिर के सामने स्थित आरिफ पंचर की दुकान में आज शनिवार रात करीब 8:30 बजे भीषण आग लग गई। अज्ञात कारणों से लगी इस आग में लाखों रुपये का सामान जलकर राख हो गया। आग लगने के समय दुकान मालिक आरिफ बाहर पंचर बनाने का काम कर रहे थे। देखते ही देखते आग दुकान के अंदर रखे नए और पुराने टायरों तक फैल गई, जिससे आग की ऊंची-ऊंची लपटें उठने लगीं। स्थानीय लोगों ने तुरंत फायर ब्रिगेड को सूचना दी। सूचना मिलते ही फायर ब्रिगेड की गाड़ियां मौके पर पहुंचीं और करीब 40 मिनट की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। इस अग्निकांड में दुकान में रखे लाखों रुपये के टायर और हवा भरने वाली मशीन जलकर नष्ट हो गई। मशीन आग की चपेट में आने से फट गई, और दुकान की छत भी क्षतिग्रस्त हो गई। घटना की सूचना पर नगर कोतवाली पुलिस भी मौके पर पहुंची। पुलिस आरिफ पंचर वाले से घटना के संबंध में पूछताछ कर रही है। फायर विभाग भी आग लगने के कारणों की जांच कर रहा है। सभी बिंदुओं पर फिलहाल जांच जारी है। आग लगने की खबर मिलते ही बड़ी संख्या में लोग मौके पर जमा हो गए थे, जिन्होंने आग बुझाने में भी मदद की। नगर कोतवाल बिंदेश्वरी मणि त्रिपाठी ने बताया कि आरिफ पंचर की दुकान में आग लगी थी, जिस पर पुलिस और फायर ब्रिगेड ने मिलकर काबू पा लिया है। आग के कारणों का पता लगाने के लिए जांच जारी है।
कानपुर में जल संरक्षण की दिशा में शुरू की गई 249.92 करोड़ रुपए की टर्शियरी ट्रीटमेंट प्लांट (टीटीपी) परियोजना पूरी क्षमता से संचालित होने लगी है। बिनगवां स्थित प्लांट में सीवेज के शोधित पानी को अत्याधुनिक तकनीक से साफ कर पनकी थर्मल पावर प्लांट भेजा जा रहा है। इससे ताजे पानी की खपत घटेगी, किसानों के लिए सिंचाई योग्य जल बचेगा और नदियों में जाने वाले अपशिष्ट जल में भी कमी आएगी। शनिवार को जिलाधिकारी जितेंद्र प्रताप सिंह ने परियोजना का निरीक्षण कर इसकी व्यवस्थाओं का जायजा लिया। जिलाधिकारी जितेंद्र प्रताप सिंह ने बताया कि करीब 249.92 करोड़ रुपये की लागत से स्थापित इस परियोजना का उद्देश्य अपशिष्ट जल का पुनः उपयोग कर ताजे पानी की बचत करना है। उन्होंने कहा कि यह परियोजना जल संरक्षण और पर्यावरण संरक्षण की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है, जिससे उद्योगों में शोधित जल का उपयोग बढ़ेगा। आरओ-यूएफ तकनीक से तैयार हो रहा उच्च गुणवत्ता का पानी बिनगवां स्थित 210 एमएलडी क्षमता वाले सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट (एसटीपी) में सेकेंडरी ट्रीटमेंट के बाद पानी को 40 एमएलडी क्षमता वाले टर्शियरी ट्रीटमेंट प्लांट में भेजा जाता है। यहां रिवर्स ऑस्मोसिस (आरओ) और अल्ट्रा फिल्ट्रेशन (यूएफ) मेम्ब्रेन आधारित तकनीक से पानी का उन्नत स्तर पर शोधन किया जाता है, जिससे उसकी गुणवत्ता लगभग पेयजल स्तर तक पहुंच जाती है। 18 किलोमीटर पाइपलाइन से पहुंच रहा पनकी प्लांट प्लांट से प्रतिदिन 40 एमएलडी शोधित जल 18 किलोमीटर लंबी और 600 मिमी व्यास की पाइपलाइन के जरिए पनकी थर्मल पावर प्लांट भेजा जा रहा है। इस पानी का उपयोग कूलिंग टावर और बॉयलरों में किया जा रहा है। उच्च गुणवत्ता वाले पानी के इस्तेमाल से मशीनों में स्केलिंग और जंग जैसी समस्याएं कम होंगी, जिससे संयंत्र की कार्यक्षमता बेहतर बनी रहेगी और रखरखाव का खर्च भी घटेगा। किसानों के लिए बचेगा सिंचाई योग्य पानी जिलाधिकारी ने बताया कि पहले शोधित सीवेज का बड़ा हिस्सा नदियों में बह जाता था, लेकिन अब उसी पानी का औद्योगिक उपयोग किया जा रहा है। इससे थर्मल पावर प्लांट को सिंचाई योग्य ताजे पानी की जरूरत कम होगी और वह पानी किसानों की खेती के लिए उपलब्ध रहेगा। साथ ही नदियों में जाने वाले अपशिष्ट जल की मात्रा भी घटेगी, जिससे जल प्रदूषण पर नियंत्रण मिलेगा। उत्तर प्रदेश का पहला आरओ-यूएफ आधारित टीटीपी डीएम ने बताया कि टैरिफ पॉलिसी-2016 के तहत एसटीपी से 50 किलोमीटर की परिधि में स्थित थर्मल पावर स्टेशनों में शोधित सीवेज के उपयोग का प्रावधान किया गया है। इसी के तहत बिनगवां में उत्तर प्रदेश का पहला आरओ और यूएफ मेम्ब्रेन आधारित टर्शियरी ट्रीटमेंट प्लांट स्थापित किया गया है। इसका निर्माण एनटीपीसी ने कराया है, जबकि संचालन और अनुरक्षण उत्तर प्रदेश जल निगम (नगरीय) द्वारा किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि यह परियोजना अपशिष्ट जल के पुनः उपयोग, औद्योगिक जल प्रबंधन और जल संरक्षण का सफल मॉडल बनकर सामने आई है।
सीतापुर के कमलापुर थाना क्षेत्र के कसमंडा इलाके में शनिवार शाम करीब 7 बजे तेज रफ्तार कार की टक्कर से बाइक सवार दो युवक गंभीर रूप से घायल हो गए। हादसे के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई। स्थानीय लोगों की मदद से दोनों घायलों को जिला अस्पताल पहुंचाया गया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद एक युवक की हालत गंभीर होने पर उसे लखनऊ ट्रॉमा सेंटर रेफर कर दिया गया। ग्राम कसमंडा निवासी प्रियांशु (38) पुत्र कमता प्रसाद अपने साथी पवन (30) पुत्र अर्जुन लाला के साथ बाइक से अपने मामा के घर जा रहे थे। शनिवार शाम जब उनकी बाइक सीता रसोई के पास पहुंची, तभी पीछे से तेज रफ्तार में आ रही एक कार ने उनकी बाइक को जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि दोनों युवक सड़क पर दूर जा गिरे और गंभीर रूप से घायल हो गए। हादसे के बाद घटनास्थल पर लोगों की भीड़ जमा हो गई। स्थानीय लोगों ने तत्काल पुलिस और एंबुलेंस को सूचना दी। इसके बाद दोनों घायलों को जिला अस्पताल पहुंचाया गया। जिला अस्पताल में चिकित्सकों ने दोनों का प्राथमिक उपचार किया। जांच के दौरान प्रियांशु की हालत गंभीर पाई गई, जिसके चलते उन्हें बेहतर इलाज के लिए लखनऊ स्थित ट्रॉमा सेंटर रेफर कर दिया गया। वहीं दूसरे घायल पवन का उपचार जिला अस्पताल में जारी है। सूचना पर पहुंची पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण कर मामले की जांच शुरू कर दी है। पुलिस दुर्घटना के कारणों का पता लगाने के साथ ही कार और उसके चालक की पहचान में जुटी है। पुलिस का कहना है कि तहरीर मिलने के बाद संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर आगे की विधिक कार्रवाई की जाएगी।
उदयपुर: उदयपुर के ऐतिहासिक गुलाब बाग का अब जल्द ही कायाकल्प होने जा रहा है। शहर विधायक ताराचंद जैन और नगर निगम आयुक्त (कमिश्नर) अभिषेक खन्ना ने शनिवार को गुलाब बाग का औचक दौरा किया। इस दौरान वहां सुबह-शाम सैर करने आने वाले शहरवासियों ने अधिकारियों को घेर लिया और पार्क की कई बड़ी समस्याओं को उनके सामने रखा। विधायक और आयुक्त ने लोगों की सभी शिकायतों को गंभीरता से सुना और मौके पर मौजूद अधिकारियों को तुरंत काम शुरू करने के कड़े निर्देश दिए। आवारा कुत्तों का आतंक होगा खत्म, पार्क बनेगा प्लास्टिक मुक्त गुलाब बाग में घूमने आने वाले बुजुर्गों और बच्चों के लिए आवारा कुत्ते (स्ट्रीट डॉग्स) इस समय सबसे बड़ा खतरा बन चुके हैं। स्थानीय लोगों ने शिकायत की कि पार्क में कुत्तों की संख्या बहुत ज्यादा बढ़ गई है और वे आए दिन सैर करने वालों पर झपट पड़ते हैं। कई बच्चों और बुजुर्गों को कुत्ते काट भी चुके हैं। इस पर कमिश्नर अभिषेक खन्ना ने अधिशाषी अभियंता अखिल अरोड़ा को निर्देश दिए कि इन कुत्तों को पकड़कर तुरंत दूसरी जगह शिफ्ट किया जाए। कमिश्नर ने लोगों से भी अपील की कि वे पार्क के अंदर कुत्तों को खाने-पीने की चीजें न डालें। इसके साथ ही पार्क को पूरी तरह प्लास्टिक मुक्त बनाने और सफाई व्यवस्था को तुरंत सुधारने के आदेश दिए गए। पक्षियों को दाना डालने के लिए तय होगा निश्चित स्थान पार्क में लोग जगह-जगह पक्षियों को दाना डाल देते हैं, जिससे वहां चूहों का आतंक बहुत बढ़ गया है। ये चूहे जमीन में गहरे बिल बनाकर बड़े-बड़े ऐतिहासिक पेड़ों की जड़ों को खोखला कर रहे हैं। इस समस्या को खत्म करने के लिए अब पार्क में पक्षियों को दाना डालने का एक निश्चित स्थान (फिक्स जगह) तय किया जाएगा। इसके अलावा सालों से पार्क में गिरकर सड़ रहे सूखे और टूटे पेड़ों को भी तुरंत बाहर निकालने के निर्देश दिए गए हैं। कमल तलाई का पानी होगा साफ, बंद पड़े फव्वारे फिर होंगे शुरू लोगों ने शिकायत की कि गुलाब बाग की प्रसिद्ध 'कमल तलाई' का पानी सड़ रहा है और उससे तेज बदबू आ रही है। इस पर विधायक और कमिश्नर ने खुद तलाई के पास जाकर हालातों का जायजा लिया। कमिश्नर ने अधिकारियों को तलाई की तुरंत सफाई करने और वहां सालों से बंद पड़े फव्वारों को दोबारा चालू करने के निर्देश दिए। इसके साथ ही पार्क में सीवरेज का गंदा पानी आने से रोकने के लिए भी सख्त हिदायत दी गई है। श्रद्धालुओं के लिए रात 9 बजे तक खुलेगा पार्क, अवैध कब्जे हटेंगेगुलाब बाग के मंदिरों में आने वाले श्रद्धालुओं की मांग पर पार्क के बंद होने का समय रात 8 बजे से बढ़ाकर अब 9 बजे कर दिया गया है। लोगों का कहना था कि रात 8 बजे मंदिरों में आरती होती है, जिससे बाहर निकलते-निकलते 9 बज जाते हैं। इसके साथ ही पार्क में हो रहे नए अवैध कब्जों को हटाने और वहां अवैध रूप से रह रहे संदिग्ध लोगों की जांच करने के आदेश पुलिस निरीक्षक मांगीलाल डांगी को दिए गए। पार्क की पुरानी नहर वाली सिंचाई पद्धति को भी फिर से जिंदा किया जाएगा।
संभल में शनिवार सुबह 8 बजे अफेयर में युवक की पीट-पीटकर हत्या कर दी गई। आरोपी ने बहाने से युवक को खेत पर बुलाया था। मर्डर के बाद आरोपी ने युवक की बहन को फोनकर बोला- तुम्हारे भाई को मार दिया है। आकर लाश ले जाओ। बहन ने भाई की प्रेमिा के पिता, चचेरे भाई और ट्यूबवेल मालिक पर हत्या का आरोप लगाया है। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। आरोपियों की तलाश कर रही है। मामला थाना रजपुरा क्षेत्र के गांव लहरा का है। अब जानिए पूरा मामला… थाना कैलादेवी के कमालपुर निवासी अतरपाल सिंह के बेटे उदयवीर सिंह (26) का गांव लहरा रतु की एक लड़की से पिछले 5 साल से अफेयर चल रहा था। डेढ़ साल पहले दोनों के परिजनों ने उनकी अलग-अलग जगह शादी करा दी थी, लेकिन इसके बावजूद दोनों में बातचीत हो रही थी। अब जानिए पूरा मामला… शनिवार सुबह करीब 6 बजे उदयवीर अपने खेत पर पानी चलाने के लिए गया था। वह ट्यूबवेल की चाबी लेने के लिए गांव लहरा निवासी डीलर वीरेंद्र के घर पहुंचा। लड़की के चाचा का मकान डीलर के घर के ठीक सामने है। यहीं पर लड़की के चचेरे भाई विजयपाल ने दो अन्य लोगों के साथ मिलकर उदयवीर की पिटाई शुरू कर दी। पिटाई के दौरान लाठी लगने से उसके निजी अंगों पर गंभीर चोटें आईं, जिससे उसकी हालत गंभीर हो गई। सुबह 8 बजे ट्यूबवेल मालिक के फोन करने पर उदयवीर की बहन गीता मौके पर पहुंची। उसने अपने भाई को गंभीर हालत में देखा और तुरंत परिजनों को सूचना दी। परिजन उसे इलाज के लिए अस्पताल ले जा रहे थे, तभी सुबह करीब 9 बजे उसने रास्ते में दम तोड़ दिया। परिजन शव को गांव कमालपुर ले गए। युवक की मौत की सूचना मिलने के बाद दोनों थानों की पुलिस सुबह 11 बजे तक गांव पहुंच गई। थाना रजपुरा पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पोस्टमार्टम के बाद शव रात 8:10 बजे गांव पहुंचा। इस घटना से परिजनों में गहरा शोक व्याप्त है। बहन गीता ने कहा- ट्यूबवेल मालिक का धान में पानी लगाने के लिए फोन आया था। मेरे भाई ने कहा था कि धान तो भर गए हैं। इस पर ट्यूबवेल मालिक ने कहा- दोबारा भर ले, फिर तेरा नंबर नहीं आएगा। वीरेंद्र, डुबकी और विजयपाल ने घर के अंदर बंद कर मेरे भाई को मारा है। डुबकी ने ही फोन कर बताया कि तेरे भैया को मार डाला है, उठाकर ले जाओ। उदयवीर की पत्नी पूनम ने बताया- फोन कर ट्यूबवेल से खेत भरने के लिए बुलाया था। मेरे सामने तो कोई झगड़ा नहीं था। मेरा घर उजाड़ दिया गया। उदयपाल के 5 महीने का बेटे है। थाना रजपुरा प्रभारी संदीप चौधरी ने बताया कि युवक की मौत की सूचना पर पुलिस पहुंची थी। शव का पोस्टमार्टम करने के बाद परिजनों को दे दिया गया है, परिजनों की शिकायत पर अग्रिम कार्रवाई की जाएगी। परियों ने प्रेम प्रसंग में पीट-पीट कर हत्या करने का आरोप लगाया है पूरे मामले की छानबीन की जा रही है, जो भी दोषी होंगे, नहीं बख्शा नहीं जाएगा। -------------------------- ये खबर भी पढ़ें पत्नी ने स्कूल मालिक पति को सांप से डसवाकर मारा:आधी रात बिस्तर पर सांप छोड़ा, लव-मैरिज की थी; मेरठ में शादीशुदा वैन ड्राइवर से अफेयर था मेरठ में स्कूल संचालक पति को पत्नी ने सांप से डसवाकर मरवा दिया। उसने शादीशुदा वैन ड्राइवर प्रेमी के साथ मिलकर वारदात को अंजाम दिया। दामिनी ने पहले पति अतुल कुमार (32) को दूध में नींद की गोलियां मिलाकर पिला दी। फिर रात 2 बजे प्रेमी और सपेरों को बुलाकर बिस्तर पर करैत सांप छोड़ दिया। यह देश के 4 सबसे जहरीले सांपों में आता है। पूरी खबर पढ़िए...
एसआरएमएस मेडिकल कॉलेज के तीन डॉक्टरों ने अटल बिहारी वाजपेई मेडिकल यूनिवर्सिटी के दीक्षांत समारोह में शानदार प्रदर्शन किया है। 15 जुलाई 2026 को लखनऊ में आयोजित इस दूसरे दीक्षांत समारोह में संस्थान की 2022 बैच की तीन होनहार डॉक्टरों ने गोल्ड और सिल्वर मेडल हासिल कर कॉलेज का गौरव बढ़ाया है। इन विषयों में लहराया परचमडॉ. निष्ठा भारद्वाज ने एमएस ऑब्सटेट्रिक्स एंड गायनेकोलॉजी (प्रसूति एवं स्त्री रोग) में गोल्ड मेडल अपने नाम किया। वहीं, डॉ. साक्षी बंसल ने एमडी रेडियोडायग्नोसिस और डॉ. प्रज्ञा माहेश्वरी ने एमडी साइकियाट्री में विश्वविद्यालय स्तर पर द्वितीय स्थान प्राप्त कर सिल्वर मेडल हासिल किया। राज्यपाल और विशिष्ट अतिथियों की रही उपस्थितिसमारोह में उत्तर प्रदेश की कुलाधिपति एवं राज्यपाल आनंदी बेन पटेल ने मेधावी छात्राओं को सम्मानित किया। इस अवसर पर मुख्य अतिथि के रूप में रक्षा मंत्रालय के इंटीग्रेटेड डिफेंस स्टाफ के डिप्टी चीफ, सर्जन वाइस एडमिरल कृष्णा एम. उपस्थित रहे। साथ ही उप मुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक और राज्य मंत्री मयंकेश्वर शरण सिंह भी कार्यक्रम की शोभा बढ़ाने के लिए उपस्थित थे। संस्थान के चेयरमैन ने दी बधाईएसआरएमएस ट्रस्ट के संस्थापक एवं चेयरमैन देव मूर्ति, डायरेक्टर आदित्य मूर्ति और प्रिंसिपल एयर मार्शल (सेवानिवृत्त) डॉ. एमएस बुटोला ने छात्राओं की इस उपलब्धि पर हर्ष व्यक्त किया। डायरेक्टर आदित्य मूर्ति ने कहा कि छात्राओं का अटूट समर्पण और शैक्षणिक उत्कृष्टता ही इस सफलता का आधार है, जो अन्य छात्रों के लिए प्रेरणा का स्रोत बनेगी।
बालाघाट बस स्टैंड पर मजदूरों के 70 हजार की चोरी होने के मामले में कोतवाली पुलिस ने एक आरोपी परवेज उर्फ परवेश शेंडे को गिरफ्तार कर लिया है। कोर्ट ने इसे जेल भेज दिया है। इस वारदात में शामिल उसका एक साथी अभी भी फरार है, जिसकी पुलिस तलाश कर रही है। चोरों ने पहले मजदूरों से दोस्ती की, उन्हें शराब पिलाई और फिर उनके सो जाने के बाद वारदात को अंजाम दिया। यह मामला मंडला जिले के लटरी निवासी सोनुसिंह की शिकायत पर दर्ज किया गया था। पीड़ित मजदूर अकलसिंह धुर्वे ने बताया कि वे महाराष्ट्र के अकोला में बोरवेल का काम करते थे। वे वहां की 11 महीने की मजदूरी लेकर अपने घर मंडला जा रहे थे। रात में बालाघाट में रुकने का कोई साधन न होने के कारण वे बस स्टैंड पर ही सो गए थे, जहां सुबह उनका रुपयों से भरा बैग गायब मिला। दोस्ती कर पिलाई शराब, फिर उड़ाए पैसे कोतवाली थाना प्रभारी अजय गुर्जर ने बताया कि 70 से 80 हजार रुपए की इस चोरी के मामले में पुलिस ने जांच के बाद परवेज को पकड़ लिया है। पूछताछ और जांच में सामने आया है कि इस चोरी में परवेज के साथ एक और आरोपी भी शामिल था। दोनों शातिर चोरों ने पहले बस स्टैंड पर रुकने वाले इन सीधे-साधे मजदूरों से जान-पहचान बढ़ाई, उनके साथ शराब पी और जैसे ही मजदूरों को गहरी नींद आई, वे उनका पैसों से भरा बैग लेकर रफूचक्कर हो गए। पुलिस अब फरार दूसरे आरोपी की तलाश में जुटी है।
इलाहाबाद विश्वविद्यालय के पंत हॉस्टल में शनिवार को प्रशासन और पुलिस ने अवैध कब्जेदारों के खिलाफ वॉशआउट अभियान चलाया। सीटी मजिस्ट्रेट विनय सिंह, एसपी कर्नलगंज राजकुमार सिंह, कार्यवाहक चीफ प्रॉक्टर डॉ. अतुल नारायण सिंह, डीएसडब्ल्यू प्रो. सूर्यभान सिंह, पुलिस बल और विश्वविद्यालय सुरक्षा गार्डों की मौजूदगी में कार्रवाई शुरू हुई। शुरुआत में सात कमरे खाली कराए गए, लेकिन अधिकांश छात्र विरोध करने लगे और नारेबाजी करते हुए हॉस्टल खाली करने से इनकार कर दिए। विरोध के बावजूद शाम साढ़े पांच बजे तक लगभग सात घंटे चली कार्रवाई में कुल मिलाकर सिर्फ सात कमरे ही खाली कराए जा सके। डॉ. अतुल नारायण सिंह ने बताया कि पंत हॉस्टल को खाली कराने की प्रक्रिया दिसंबर 2025 से चल रही है और सितंबर 2025 के बाद से हॉस्टल में किसी भी वैध छात्र को आवंटन नहीं किया गया है। इसके बावजूद 87 कमरों वाले हॉस्टल में लगभग तीन सौ लोग अवैध रूप से रह रहे हैं, जिससे हॉस्टल के पानी व बिजली की खपत बढ़ गई है और हर महीने लाखों रुपये का बिजली बिल आ रहा है। कार्यवाही के दौरान प्रशासन ने हॉस्टल के पानी और बिजली के कनेक्शन काट दिए और छात्रों को स्पष्ट चेतावनी दी कि अब कोई वैध आवंटन नहीं है। सभी को तत्काल कमरे खाली करना होंगे। प्रशासन ने कहा कि यदि अवैध कब्जे हटाए नहीं गए तो नियमानुसार उनके खिलाफ विधिक कार्रवाई की जाएगी। पुलिस और विश्वविद्यालय के अधिकारी आगे की कार्रवाई के लिए कानूनी प्रक्रिया पूरी करने की बात कह रहे हैं।
सीकर के प्रसिद्ध धार्मिक स्थल खाटूश्यामजी में भारतीय जनता पार्टी के जयपुर संभाग के जनप्रतिनिधियों, कार्यकर्ताओं और पदाधिकारियों की एक महत्वपूर्ण संगठनात्मक बैठक आयोजित की गई। बैठक में प्रदेश संगठन महामंत्री अजय कुमार ने पहली बार कार्यकर्ताओं से परिचय लिया और संगठन की रीति-नीति को लेकर अपनी बात बेहद स्पष्ट तरीके से रखी। संगठन महामंत्री ने कड़ा संदेश देते हुए कहा कि पार्टी से बड़ा कोई व्यक्ति नहीं है; सत्ता (सरकार) और संगठन को हमेशा एक-दूसरे के साथ मिलकर काम करना चाहिए। अनुशासन सर्वोपरि, आगामी स्थानीय चुनावों में दिखाएंगे दमखम अजय कुमार ने अनुशासन पर जोर देते हुए कहा- भाजपा एक अनुशासित पार्टी है, जहाँ सबके सहयोग से आगे बढ़ने की परंपरा है। यहाँ पन्ना प्रमुख और राष्ट्रीय अध्यक्ष एक जगह बैठकर पार्टी के लिए नीतियां तय करते हैं। उन्होंने आगामी निकाय और पंचायती राज चुनावों का जिक्र करते हुए कहा कि पार्टी पूरे दमखम के साथ सभी वर्गों को साथ लेकर आगे बढ़ेगी। उन्होंने साफ किया कि पार्टी में गुटबाजी जैसी चीजों के लिए कोई जगह नहीं है; यहाँ कोई व्यक्ति विशेष नहीं है, बल्कि सभी की एकमात्र पहचान 'कमल का फूल' है। खाली पदों को जल्द भरने और बूथ स्तर तक संगठन को मजबूत करने पर जोर बैठक में संगठन को और अधिक मजबूत बनाने तथा मंडल व जिलों की कार्यकारिणियों में खाली पड़े पदों को शीघ्र भरने पर विशेष जोर दिया गया। भाजपा प्रदेश महामंत्री श्रवण सिंह बगड़ी ने मीडिया को बताया कि यह पूरी तरह से एक संगठनात्मक बैठक थी। इसके पहले सत्र में वर्तमान जनप्रतिनिधियों, पूर्व प्रत्याशियों, प्रदेश पदाधिकारियों, मोर्चा अध्यक्षों, जिला अध्यक्षों और जिला प्रभारियों ने हिस्सा लिया। बैठक में संगठन के कार्यों की समीक्षा की गई और बूथ स्तर तक कार्यकर्ताओं की सक्रियता पर विस्तार से चर्चा हुई। जहाँ भी संगठन का काम अधूरा है, उसे जल्द पूरा करने के निर्देश दिए गए हैं। चुनावों के लिए अलग से तैयारी की जरूरत नहींश्रवण सिंह बगड़ी पंचायती राज और निकाय चुनावों की तैयारियों के सवाल पर प्रदेश महामंत्री श्रवण सिंह बगड़ी ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी का संगठन पूरे सालभर सक्रिय रहता है, इसलिए चुनाव की घोषणा होने पर हमें अलग से तैयारी करने की जरूरत नहीं पड़ती। उन्होंने स्पष्ट किया कि इस बैठक का मुख्य उद्देश्य केवल चुनावी रणनीति बनाना नहीं, बल्कि संगठन को बूथ स्तर तक और ज्यादा मजबूत व सक्रिय बनाना है। सीकर के खाटूश्यामजी में भारतीय जनता पार्टी की जयपुर संभाग के जनप्रतिनिधियों, कार्यकर्त्ताओं व पदाधिकारियों की बैठक हुई। प्रदेश संगठन महामंत्री अजय कुमार ने पहली बार कार्यकर्त्ताओं से परिचय लिया और अपनी बात भी स्पष्ट तरीके से कह दी। संगठन महामंत्री अजय कुमार ने कहा कि पार्टी से कोई बड़ा नहीं है। सत्ता और संगठन एक-दूसरे के साथ रहें। अजय कुमार ने कहा कि भाजपा एक अनुशासित पार्टी है, यहां सबके सहयोग से आगे बढ़ने की परंपरा है। पन्ना प्रमुख और राष्ट्रीय अध्यक्ष एक जगह बैठकर पार्टी के लिए रीति-नीति बनाते हैं। आगामी निकाय और पंचायती राज चुनावों में पार्टी पूरे दमखम से सभी वर्गाें को साथ लेकर आगे बढ़ेगी। पार्टी में गुटबाजी जैसी चीजों के लिए कोई जगह नहीं है। यहां कोई व्यक्ति विशेष नहीं है, सबकी पहचान कमल का फूल है। भाजपा की संगठनात्मक बैठक में संगठन को ज्यादा मजबूत बनाने और मंडल-जिलों की कार्यकारिणियों में खाली पदों को को शीघ्र पूरा करने पर जोर दिया गया। भाजपा प्रदेश महामंत्री श्रवण सिंह बगड़ी ने बताया कि यह पूरी तरह संगठनात्मक बैठक है। पहले सत्र में वर्तमान जनप्रतिनिधियों, पूर्व प्रत्याशियों, प्रदेश पदाधिकारियों, मोर्चा अध्यक्षों, जिला अध्यक्षों और जिला प्रभारियों ने हिस्सा लिया। भाजपा प्रदेश महामंत्री श्रवण सिंह बगड़ी ने बताया कि बैठक में संगठन के कार्यों की समीक्षा की गई और जिलों में संगठनात्मक गतिविधियों, कार्यकर्ताओं की सक्रियता तथा बूथ स्तर तक संगठन की स्थिति पर विस्तार से चर्चा हुई। जहां संगठन का काम अधूरा है, वहां संगठन महामंत्री अजय कुमार ने उसे जल्द पूरा करने के निर्देश दिए हैं। पंचायत राज व निकाय चुनावों की तैयारियों के सवाल पर श्रवण सिंह बगड़ी ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी का संगठन पूरे सालभर सक्रिय रहता है। इसलिए चुनाव की घोषणा होने पर अलग से तैयारी करने की जरूरत नहीं पड़ती। बैठक का मुख्य उद्देश्य चुनावी रणनीति नहीं बल्कि संगठन को बूथ स्तर तक और ज्यादा मजबूत बनाना है।
पुलिस पर फायरिंग कर भाग रहे डोडा पोस्त तस्कर पकड़े:कार से मिला बड़ी मात्रा में मादक पदार्थ
बालोतरा जिले के मजल गांव के पास डीएसटी, डीसीआरबी और समदड़ी थाना पुलिस ने एनडीपीएस एक्ट के तहत संयुक्त कार्रवाई की है। इस दौरान पुलिस ने दो मादक पदार्थ तस्करों को गिरफ्तार किया है। जानकारी के अनुसार, पुलिस टीम ने एक संदिग्ध वाहन को रोकने का प्रयास किया। इस पर आरोपियों ने पुलिसकर्मियों पर फायरिंग कर दी। हालांकि, पुलिसकर्मी सुरक्षित रहे और उन्होंने तत्परता दिखाते हुए आरोपियों को काबू में ले लिया। पुलिस ने आरोपियों की कार से बड़ी मात्रा में डोडा पोस्ट भी बरामद किया है। यह कार्रवाई मादक पदार्थ तस्करों के खिलाफ एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है। फिलहाल पुलिस की कार्रवाई जारी है। अधिकारियों ने बताया कि सभी आवश्यक कानूनी औपचारिकताएं पूरी होने के बाद एक प्रेस कॉन्फ्रेंस आयोजित कर इस पूरी कार्रवाई का विस्तृत खुलासा किया जाएगा।
लखनऊ के जानकीपुरम विस्तार में पारिवारिक विवाद से परेशान एक आयुर्वेदिक मेडिकल कॉलेज के असिस्टेंट प्रोफेसर ने आत्महत्या की कोशिश की। उन्होंने पहले मोबाइल पर सुसाइड से जुड़ा स्टेटस लगाया और फिर ब्लेड से अपने बाएं हाथ की नस काट ली। समय रहते स्टेटस पर नजर पड़ने के बाद सहकर्मी ने पुलिस को सूचना दी। मौके पर पहुंची पीआरवी टीम ने खून से लथपथ प्रोफेसर को घर से निकालकर केजीएमयू ट्रॉमा सेंटर पहुंचाया, जिससे उनकी जान बच गई। फिलहाल उनका इलाज जारी है। जानकीपुरम विस्तार सेक्टर-8 निवासी डॉ. संजय खोलिया (36) मूल रूप से जयपुर के रहने वाले हैं। वह इटौंजा स्थित आरजीएस आयुर्वेदिक मेडिकल कॉलेज एंड रिसर्च सेंटर में असिस्टेंट प्रोफेसर हैं। पुलिस के अनुसार, उन्होंने आत्महत्या संबंधी स्टेटस लगाने के बाद अपने बाएं हाथ की नस ब्लेड से काट ली। पत्नी और ससुराल पक्ष पर लगाए गंभीर आरोप डॉ. संजय ने तीन पेज के सुसाइड नोट में पत्नी और ससुराल पक्ष पर मानसिक प्रताड़ना के आरोप लगाए हैं। उन्होंने लिखा कि करीब तीन साल पहले उनकी शादी हुई थी। शादी के कुछ समय बाद से पत्नी से विवाद शुरू हो गया। 9 नवंबर 2024 को बेटे के जन्म के बाद पत्नी मायके चली गई और फिर उन्हें बच्चे से मिलने नहीं दिया गया। सुसाइड नोट के मुताबिक, जब भी वह जयपुर स्थित ससुराल में बेटे से मिलने पहुंचे, पत्नी और ससुराल पक्ष ने उनसे विवाद किया और दहेज के झूठे मुकदमे में फंसाने की धमकी देकर भगा दिया। बच्चे से मिलने गए तो मारपीट कर झूठा मुकदमा लिखवाया डॉ. संजय का आरोप है कि 12 जुलाई को वह बेटे से मिलने जयपुर पहुंचे, लेकिन उन्हें बच्चे से मिलने नहीं दिया गया। उन्होंने आरोप लगाया कि ससुराल पक्ष ने उनके खिलाफ मारपीट का झूठा मामला दर्ज करा दिया, जिसके बाद पुलिस ने उन्हें थाने में बैठाया और छह महीने तक बच्चे से नहीं मिलने की शर्त पर छोड़ा। सुसाइड नोट में उन्होंने लिखा कि लगातार मानसिक प्रताड़ना और बेटे से दूर किए जाने के कारण उनका जीने का मन नहीं रहा और इसी वजह से उन्होंने यह कदम उठाया। मेडिकल सुपरिटेंडेंट ने देखा स्टेटस, 10 मिनट में पहुंची पुलिस डॉ. संजय का सुसाइड स्टेटस कॉलेज के मेडिकल सुपरिटेंडेंट डॉ. आरके मिश्रा ने देखा। उन्होंने तुरंत डायल-112 पर सूचना दी। करीब 10 मिनट में सिपाही नवीन कुमार और होमगार्ड वीरेंद्र यादव मौके पर पहुंचे। तीसरी मंजिल पर कमरे में डॉ. संजय खून से लथपथ बेड पर पड़े मिले। पुलिसकर्मियों ने अन्य लोगों की मदद से उन्हें तत्काल जानकीपुरम ट्रॉमा सेंटर पहुंचाया। वहां डॉक्टरों ने उनकी कटी नस की सर्जरी के बाद उन्हें केजीएमयू ट्रॉमा सेंटर रेफर कर दिया। पुलिस की तत्परता से समय रहते असिस्टेंट प्रोफेसर की जान बच गई। मामले में पुलिस आगे की कार्रवाई कर रही है।
अनूपपुर जिला मुख्यालय सहित आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों में तेज बारिश का दौर शुरू हो गया है। दिनभर आसमान में काले बादलों की आवाजाही के बाद गरज-चमक के साथ पानी की मोटी बूंदें बरसीं। अनूपपुर के अलावा जैतहरी, राजेंद्रग्राम, डैखल, फुनगा, कोतमा और बिजुरी जैसे ग्रामीण इलाकों में भी अच्छी बारिश दर्ज की गई है। बादलों की स्थिति को देखते हुए आगे और तेज बारिश की उम्मीद है। पिछले कुछ दिनों से हो रही इस मानसूनी बारिश से किसानों ने बड़ी राहत महसूस की है। किसानों का कहना है कि अगर ऐसी ही बारिश कुछ दिन और जारी रही, तो वे धान की रोपाई का काम शुरू कर सकेंगे। मानसून में आए ब्रेक की वजह से किसान खेतों में पानी भरने का इंतजार कर रहे थे। पिछले 24 घंटों में 0.59 इंच औसत बारिश भू-अभिलेख कार्यालय के अधीक्षक प्रदीप मोगरे के अनुसार, पिछले 24 घंटों में अनूपपुर जिले में औसतन 15 मिमी यानी लगभग 0.59 इंच बारिश दर्ज की गई है। विभाग का मानना है कि रात में शुरू हुई यह तेज बारिश जिले के सभी हिस्सों को कवर करेगी, जिससे फसलों को बड़ा फायदा होगा। विभिन्न क्षेत्रों में दर्ज की गई बारिश बिजुरी: 1.38 इंच (35.2 मिमी) कोतमा: 0.91 इंच (23.3 मिमी) अमरकंटक: 0.90 इंच (23 मिमी) वेंकटनगर: 0.56 इंच (14.3 मिमी) बेनीबारी: 0.49 इंच (12.6 मिमी) जैतहरी: 0.23 इंच (6 मिमी) पुष्पराजगढ़: 0.12 इंच (3.2 मिमी) अनूपपुर: 0.09 इंच (2.5 मिमी) रोपाई का लक्ष्य अभी भी पीछे कृषि विभाग के आंकड़ों के अनुसार, इस साल जिले में खरीफ की फसल का लक्ष्य 1 लाख 85 हजार हेक्टेयर रखा गया है। हालांकि, मानसून की बेरुखी के कारण अब तक केवल 59 हजार हेक्टेयर क्षेत्र में ही धान की रोपाई पूरी हो सकी है। किसानों को उम्मीद है कि इस बारिश के बाद काम में तेजी आएगी।
लखनऊ में विमेनशाइन चैंबर ऑफ एंटरप्रेन्योरशिप की ओर से 'WCE मंथली बिजनेस कनेक्ट' का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम शनिवार को होटल सवॉय, एल्डेको ग्रीन में महिला उद्यमियों को कारोबार में आगे बढ़ाने के उद्देश्य से आयोजित किया गया। इस बार कार्यक्रम की थीम 'द बिजनेस ऑफ फूड – फ्रॉम पैशन टू प्रॉफिट्स' रही। इसमें शहर की महिला बिजनेस लीडर्स ने भाग लेकर अपने अनुभव साझा किए और नए व्यावसायिक अवसरों पर चर्चा की। कार्यक्रम की शुरुआत नेटवर्किंग सेशन से हुई, जहां महिला उद्यमियों ने एक-दूसरे से परिचय किया और अपने कारोबार से जुड़े अनुभव साझा किए। इसके बाद WCE की संस्थापक एवं महासचिव अपर्णा मिश्रा ने सभी प्रतिभागियों का स्वागत करते हुए कहा कि WCE केवल नेटवर्किंग का मंच नहीं, बल्कि महिलाओं के लिए सीखने, सहयोग और विकास का एक मजबूत समुदाय है। शेफ अलका तोमर ने साझा किए सफलता के अनुभव मुख्य अतिथि एवं प्रसिद्ध शेफ और उद्यमी अलका तोमर ने अपने संघर्ष और सफलता की कहानी साझा की। उन्होंने कहा कि जुनून, लगातार सीखने की इच्छा और गुणवत्ता के प्रति प्रतिबद्धता किसी भी व्यवसाय को नई ऊंचाइयों तक पहुंचा सकती है। उन्होंने महिलाओं से अपने सपनों पर विश्वास रखने और हर चुनौती को अवसर में बदलने का संदेश दिया। डिजिटल मार्केटिंग पर हुई चर्चा कार्यक्रम के विशेष सत्र 'WCE फूडप्रेन्योर्स इन कन्वर्सेशन' में सफल महिला फूड उद्यमियों ने ब्रांड निर्माण, ग्राहकों का विश्वास जीतने, डिजिटल मार्केटिंग और कारोबार के विस्तार जैसे विषयों पर अपने अनुभव साझा किए। प्रतिभागियों ने विशेषज्ञों से सवाल पूछे और व्यावहारिक सुझाव भी प्राप्त किए। WCE ग्रोथ हब की हुई शुरुआत महिला उद्यमियों को बेहतर प्रशिक्षण और मार्गदर्शन उपलब्ध कराने के उद्देश्य से कार्यक्रम में WCE ग्रोथ हब की शुरुआत की गई। इस मंच के माध्यम से विशेषज्ञों की वर्कशॉप, वन-टू-वन मेंटरशिप, मास्टरक्लास और बिजनेस डेवलपमेंट ट्रेनिंग कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। साथ ही 'WCE बिजनेस कनेक्ट लर्निंग पल्स' पहल के जरिए यह भी जाना गया कि महिला उद्यमी भविष्य में किन विषयों पर प्रशिक्षण प्राप्त करना चाहती हैं।
मिर्जापुर के नारघाट इलाके में शनिवार दोपहर करीब 2 बजे बच्चा चोरी की आशंका में हड़कंप मच गया। स्थानीय लोगों ने दो संदिग्ध युवकों को पकड़ लिया। घटना की सूचना फैलते ही मौके पर भारी भीड़ जमा हो गई और दोनों संदिग्धों को पुलिस के हवाले कर दिया गया। बताया गया कि संदिग्ध युवक कथित तौर पर बच्चों को अपने साथ ले जाने का प्रयास कर रहे थे। इस दौरान आसपास मौजूद लोगों को उनकी गतिविधियां संदिग्ध लगीं, जिसके बाद लोगों ने उन्हें घेरकर पकड़ लिया। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, गुस्साए लोगों ने दोनों संदिग्धों को जबरन घेर कर बैठा लिया था। किसी ने घटना की सूचना शहर कोतवाली पुलिस को दी। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और दोनों युवकों को भीड़ के चंगुल से छुड़ाकर अपने कब्जे में ले लिया। पुलिस दोनों संदिग्धों को कोतवाली लेकर गई, जहां उनसे गहन पूछताछ की जा रही है। हालांकि, पुलिस ने अभी तक बच्चा चोरी की घटना या आरोपों की आधिकारिक पुष्टि नहीं की है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले की हर पहलू से जांच की जा रही है। पूछताछ और साक्ष्यों के आधार पर ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि मामला वास्तव में बच्चा चोरी का है या किसी गलतफहमी के कारण विवाद उत्पन्न हुआ। पुलिस ने लोगों से अपील की है कि वे किसी भी अफवाह पर विश्वास न करें और कानून अपने हाथ में लेने के बजाय किसी भी संदिग्ध गतिविधि की तत्काल सूचना पुलिस को दें। मामले की जांच जारी है।
बड़वानी जिले में दो सप्ताह के लंबे सूखे के बाद हुई झमाझम बारिश ने सूखती खरीफ फसलों को नया जीवनदान दिया है। इस बारिश से किसानों, व्यापारियों और आम लोगों के चेहरों पर खुशी लौट आई है। पिछले दो हफ्तों से पानी न बरसने के कारण खेतों की नमी तेजी से घट रही थी, जिससे सोयाबीन, मक्का, कपास, उड़द और मूंग जैसी फसलें बुरी तरह प्रभावित हो रही थीं और पौधे पीले पड़ने लगे थे। फसलों को मिला 'जीवनदान' बारिश शुरू होते ही किसानों में नया उत्साह देखा गया। किसानों ने इसे खरीफ सीजन के लिए जीवनदायिनी बारिश बताया है। उनका कहना है कि इस सही समय पर हुई बारिश से फसलों की बढ़वार को नई गति मिलेगी और उत्पादन घटने का जो खतरा मंडरा रहा था, वह काफी हद तक टल जाएगा। उमस से राहत और मौसम का अनुमान इस बारिश से कई दिनों से पड़ रही उमस और तेज गर्मी से लोगों को बड़ी राहत मिली है। हालांकि, कुछ निचले इलाकों में जलभराव की स्थिति जरूर बनी, लेकिन गर्मी से मिली राहत के आगे लोगों ने इसे सुखद ही बताया। कृषि विशेषज्ञों के अनुसार, बंगाल की खाड़ी में सक्रिय मौसम तंत्र के कारण आने वाले दिनों में भी अच्छी बारिश की संभावना बनी हुई है। यदि मानसून इसी तरह सक्रिय रहा, तो जिले की कृषि अर्थव्यवस्था को बड़ी मजबूती मिलेगी।
बाड़मेर में एक साल में चौथी एमडी फैक्ट्री पकड़ी:2 करोड़ रुपए का नशे का सामान बरामद, 24 लाख कैश भी जब्त
बाड़मेर पुलिस ने शुक्रवार को एमडी बनाने की फैक्ट्री पकड़ी थी। शनिवार को पुलिस ने जब्त माल का माप-तौल करने पर बरामद माल की कीमत 2 करोड़ 2 लाख रुपए आंकी गई है। पुलिस ने 24 लाख 9 हजार 500 रुपए कैश बरामद किए हैं। बाड़मेर पुलिस ने सेड़वा इलाके में एक साल में चौथी एमडी बनाने की फैक्ट्री पकड़ी है। पुलिस ने मौके से महिला आरोपी को गिरफ्तार किया है। वहीं, उसके पति मुकेश की तलाश के लिए अलग-अलग टीमें बनाकर तलाश की जा रही है। एसपी चूनाराम जाट ने बताया- पुलिस मुख्यालय और जोधपुर रेंज आईजी की ओर से नशा मुक्त बाड़मेर के तहत अभियान चलाया जा रहा है। मादक पदार्थ तस्करी की रोकथाम और वांटेड आरोपियों को पकड़ने के लिए एएसपी नितेश आर्य, डीएसपी जेठाराम के सुपरविजन में पुलिस थाना सेड़वा थानाधिकारी के नेतृत्व में टीम बनाई गई। टीम को शुक्रवार को कॉन्स्टेबल मोहनलाल से सूचना मिली थी कि गोड़ा गांव में मुकेश कुमार पुत्र बीरबलराम के घर में अवैध मादक पदार्थ बनाने की फैक्ट्री लगाई गई है। इसमें भारी मात्रा में एमडी बनाई जा रही है। सेड़वा पुलिस ने गोड़ा गांव में दबिश दी। घर के पीछे टीनशेड के स्टोर रूम में मिली एमडी टीम ने गांव गोड़ा में मुकेश कुमार के घर पर दबिश दी। घर के पीछे बने टीनशेड के स्टोर रूम को चेक करने पर विभिन्न प्रकार के उपकरण, केमिकल की बोतलें, पाउडर और एक प्लास्टिक की थैली में एमडी मादक पदार्थ पाया गया। घर से अंजू पत्नी मुकेश को गिरफ्तार किया गया। मुकेश कुमार को नामजद किया गया। 2 करोड़ 2 लाख रुपए का माल बरामद जांच में कमरे के अंदर मादक पदार्थ एमडी बनाने का सेटअप, मशीन, 1 किलो 3 ग्राम निर्मित एमडी, 77.176 लीटर केमिकल और 26 किलो 673 ग्राम सफेद पाउडर जब्त किया गया। मौके से जब्त माल और एमडी की अनुमानित कीमत 2 करोड़ 2 लाख रुपए आंकी गई है। 1 साल में चौथी फैक्ट्री पकड़ी पुलिस ने एमडी नशे के खिलाफ कार्रवाई करते हुए सेड़वा इलाके से 4 फैक्ट्रियां जब्त की हैं। पुलिस ने सेड़वा थाने में महिला आरोपी और मुकेश कुमार पुत्र बीरबलराम निवासी गोड़ा के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज किया है। वहीं, टीमें बनाकर आरोपी मुकेश की तलाश की जा रही है। इससे जुडी ये खबर भी पढ़ें… बाड़मेर में MD फैक्ट्री पकड़ी, एक करोड़ का माल जब्त:24 लाख कैश बरामद; महिला गिरफ्तार, पति की तलाश जारी
उन्नाव में ट्रक ने किशोरी को कुचला:मौके पर ही तोड़ा दम, चालक हिरासत में; पुलिस जांच कर रही
उन्नाव के गंगाघाट कोतवाली क्षेत्र में शनिवार रात एक सड़क हादसे में 14 वर्षीय किशोरी की ट्रक से कुचलकर मौत हो गई। पुलिस ने ट्रक को कब्जे में ले लिया है और चालक को हिरासत में ले लिया है। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है। मृतका की पहचान कानपुर नगर के जूही थाना क्षेत्र के परम पुरवा निवासी जुबिया (14) पुत्री मोहम्मद आबिद के रूप में हुई है। जुबिया शनिवार शाम अपने परिवार के साथ कहीं जा रही थी। रात करीब 8 बजे परिवार कानपुर-लखनऊ नेशनल हाईवे पर जाजमऊ चौकी के अंतर्गत ईरानी ढाबे के पास पहुंचा, तभी पीछे से आ रहे तेज रफ्तार ट्रक ने किशोरी को अपनी चपेट में ले लिया। ट्रक का पहिया उसके ऊपर से गुजर गया, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। हादसे के बाद हाईवे पर लोगों की भारी भीड़ जमा हो गई, जिससे कुछ देर के लिए यातायात भी प्रभावित हुआ। स्थानीय लोगों ने ट्रक को रोक लिया और चालक को भागने नहीं दिया। सूचना मिलते ही जाजमऊ चौकी और गंगाघाट कोतवाली पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने चालक को हिरासत में लेकर ट्रक को कब्जे में ले लिया। घटना के बाद मृतका के परिजनों को लोगों ने ढांढस बंधाया। पुलिस ने आवश्यक कानूनी कार्रवाई करते हुए शव का पंचायतनामा भरकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि हादसा ट्रक की लापरवाही और तेज रफ्तार के कारण हुआ। पुलिस दुर्घटना के सभी पहलुओं की जांच कर रही है और प्रत्यक्षदर्शियों के बयान भी दर्ज किए जा रहे हैं। चौकी इंचार्ज विनोद सिंह ने बताया कि ट्रक को कब्जे में ले लिया गया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद आगे की विधिक कार्रवाई की जाएगी।
श्रावस्ती में शनिवार शाम करीब 6 बजे एक युवक करीब 200 फीट ऊंची पानी की टंकी पर चढ़ गया। युवक अपनी पत्नी और बच्चों को मौके पर बुलाने की मांग पर अड़ा है। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और उसे सुरक्षित नीचे उतारने के प्रयास जारी है। देर रात तक युवक टंकी पर ही मौजूद है। देखिए 2 तस्वीरें… जानिए मामला इकौना थाना क्षेत्र के मोहल्ला आजाद नगर निवासी नानकु पुत्र बाबू शनिवार रात अचानक कस्बे में स्थित पानी की टंकी पर चढ़ गया। टंकी पर पहुंचने के बाद उसने नीचे उतरने से इनकार कर दिया और पत्नी व बच्चों को मौके पर बुलाने की मांग करने लगा। स्थानीय लोग मौके पर मौजूद घटना की जानकारी मिलते ही बड़ी संख्या में स्थानीय लोग मौके पर जुट गए। सूचना पर पुलिस भी पहुंची और युवक को समझाने का प्रयास शुरू किया। पुलिस के साथ स्थानीय लोग भी लगातार बातचीत कर उसे सुरक्षित नीचे उतारने की कोशिश करते रहे। थाना प्रभारी परमानंद तिवारी ने बताया… पुलिस मौके पर मौजूद है और युवक को सुरक्षित नीचे उतारने के प्रयास लगातार किए जा रहे हैं।
बिलासपुर के रतनपुर नेशनल हाईवे के सर्विस रोड पर शनिवार दोपहर एक दर्दनाक सड़क हादसे में सड़क की सफाई कर रही महिला की मौके पर ही मौत हो गई। हादसे के बाद हाईवे पर लंबा जाम लग गया और यातायात घंटों तक प्रभावित रहा। दोपहर करीब 1 बजे बिलासपुर की ओर से आ रहा एक तेज रफ्तार ट्रेलर अनियंत्रित होकर डिवाइडर पार करते हुए दूसरी ओर पलट गया। इसी दौरान सड़क की सफाई कर रही महिमा कोशले ट्रेलर की चपेट में आ गईं और उनकी मौके पर ही मौत हो गई। सीमेंट मटेरियल से भरा था ट्रेलर रतनपुर थाना के सब इंस्पेक्टर विष्णु यादव ने बताया कि ट्रेलर में सीमेंट निर्माण में उपयोग होने वाला मटेरियल भरा था। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और क्रेन की मदद से ट्रेलर हटवाकर यातायात बहाल कराया। ठेकेदार की लापरवाही पर उठे सवाल हादसे के बाद स्थानीय लोगों ने हाईवे मेंटेनेंस कराने वाले ठेकेदार पर लापरवाही का आरोप लगाया। उनका कहना है कि सफाई कार्य के दौरान न तो चेतावनी बोर्ड लगाए गए थे और न ही बैरिकेडिंग या सुरक्षा संकेतक लगाए गए थे। यदि सुरक्षा व्यवस्था होती तो हादसा टाला जा सकता था। चालक पर मामला दर्ज पुलिस ने ट्रेलर चालक के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। साथ ही यह भी जांच की जा रही है कि सड़क मरम्मत और सफाई कार्य के दौरान सुरक्षा मानकों का पालन किया गया था या नहीं।
सीएनजी पंप पर घटतौली का आरोप:ट्रक चालक ने किया हंगामा, पुलिस ने मामला शांत कराया
बागपत शहर कोतवाली क्षेत्र में दिल्ली-सहारनपुर रोड किनारे स्थित एक सीएनजी पंप पर शनिवार शाम जमकर हंगामा हुआ। एक ट्रक चालक ने सीएनजी में घटतौली का आरोप लगाते हुए कार्रवाई की मांग की। मौके पर बड़ी संख्या में अन्य वाहन चालक भी जमा हो गए। सूचना मिलने पर पुलिस ने पहुंचकर स्थिति को शांत कराया और दोनों पक्षों को कोतवाली बुलाया। ट्रक चालक का आरोप है कि उसके ट्रक में 3100 रुपये की सीएनजी भरी गई थी, जबकि मशीन में 3800 रुपये दर्शाए गए। इस तरह उसे 700 रुपये का नुकसान हुआ। चालक ने यह भी आरोप लगाया कि पंप पर काफी समय से घटतौली की जा रही है। यह घटना शनिवार शाम करीब 5 बजे की है, जब ट्रक चालक सीएनजी भरवाने के लिए पंप पर पहुंचा था। घटतौली के आरोप के बाद अन्य वाहन चालक भी मौके पर इकट्ठा हो गए और विरोध प्रदर्शन करने लगे। कस्बा चौकी प्रभारी शिव कुमार ने बताया कि मामले की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति को नियंत्रित किया। दोनों पक्षों को पूछताछ के लिए कोतवाली बुलाया गया है। उन्होंने कहा कि पूरे मामले की गहन छानबीन की जा रही है और नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
ड्यूटी जाते समय होमगार्ड की तबीयत बिगड़ी:अस्पताल ले जाते समय मौत, पुलिस जांच में जुटी
एटा जिले के अवागढ़ कोतवाली में तैनात एक होमगार्ड की ड्यूटी जाते समय अचानक तबीयत बिगड़ गई। उन्हें गंभीर हालत में टूंडला के एक अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। मीसा कलां, अवागढ़ निवासी 58 वर्षीय शीलेन्द्र पाल सिंह पुत्र रामगोपाल शनिवार देर शाम अपनी ड्यूटी पर जा रहे थे। इसी दौरान उन्हें चक्कर आए और वे गिर पड़े। स्थानीय लोगों ने तत्काल उनके परिजनों को सूचना दी। परिजन शीलेन्द्र पाल सिंह को गंभीर अवस्था में टूंडला के एफएच अस्पताल ले गए। डॉक्टरों ने परीक्षण के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया। सूचना मिलने पर अवागढ़ पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पंचनामा की प्रक्रिया पूरी की। इसके बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए जिला मुख्यालय भेज दिया गया। शनिवार देर शाम 7:30 बजे मौत की सूचना मिलने के बाद परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है और घर में मातम पसरा हुआ है। मृतक के बेटे प्रवीण पाराशर ने बताया कि उनके पिता ड्यूटी पर जा रहे थे तभी उन्हें चक्कर आए और अस्पताल ले जाते समय उनकी मौत हो गई। थाना प्रभारी प्रेमपाल सिंह ने जानकारी देते हुए बताया कि होमगार्ड पहले से बीमार चल रहे थे और अचानक तबीयत बिगड़ने से उनकी मौत हुई है। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पंचनामा की प्रक्रिया पूर्ण कर पोस्टमार्टम के लिए भेजा है।
पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेन्द्र प्रधान को पत्र लिखकर NEET PG-2026 परीक्षा के लिए परीक्षा केंद्र चयन प्रक्रिया में बदलाव की मांग की है। सिंह ने कहा है कि देशभर के अनेक उम्मीदवारों एवं उनके अभिभावकों ने अवगत कराया है कि NBEMS द्वारा जारी अधिसूचना में इस वर्ष परीक्षा केंद्र के लिए पसंदीदा शहर (City Choice) के स्थान पर केवल तीन राज्यों का चयन करने का विकल्प दिया गया है। इसके पहले जो व्यवस्था थी, उसमें परीक्षार्थी को अपनी सुविधा के अनुसार शहर चुनने का अवसर मिलता था। उन्होंने कहा कि यदि किसी अभ्यर्थी को उसके निवास स्थान से सैकड़ों किलोमीटर दूर किसी अन्य शहर में परीक्षा केंद्र आवंटित होता है तो उसे अतिरिक्त यात्रा, आवास एवं अन्य खर्चों के साथ-साथ मानसिक तनाव का भी सामना करना पड़ेगा। इसका सबसे अधिक प्रभाव आर्थिक रूप से कमजोर तथा ग्रामीण पृष्ठभूमि के विद्यार्थियों पर पड़ेगा। दिग्विजय ने अपने पत्र में कहा कि प्रतियोगी परीक्षाओं का उद्देश्य विद्यार्थियों की योग्यता का निष्पक्ष मूल्यांकन होना चाहिए, न कि उन्हें व्यवस्थागत कठिनाइयों के कारण अनावश्यक मानसिक एवं आर्थिक दबाव में डालना हो। उन्होंने केंद्रीय शिक्षा मंत्री से आग्रह किया है कि विद्यार्थियों के हितों को ध्यान में रखते हुए NBEMS को निर्देशित किया जाए कि NEET PG-2026 में परीक्षा केंद्र चयन के लिए राज्य के बजाय पसंदीदा शहर चुनने का विकल्प पुनः उपलब्ध कराया जाए, ताकि लाखों अभ्यर्थियों को अनावश्यक कठिनाइयों से राहत मिल सके और वे बेहतर वातावरण में परीक्षा दे सकें।
ततारपुर में कबाड़ की दुकान में चोरी का खुलासा:तांबा-पीतल और बाइक बरामद, आरोपी को हरियाणा से पकड़ा
खैरथल-तिजारा जिले की ततारपुर थाना पुलिस ने बंद कबाड़ की दुकान से चोरी हुए ताबें और पीतल की चोरी का खुलासा किया है। पुलिस ने सेंधमार गैंग के एक सदस्य को गिरफ्तार कर चोरी का पूरा माल और वारदात में काम में ली गई बाइक बरामद की है। थानाधिकारी महावीर सिंह के नेतृत्व में गठित टीम ने इस अभियान को अंजाम दिया। पुलिस ने बताया- 11 जुलाई को ततारपुर निवासी मनमोहन ने रिपोर्ट दी थी। उसने बताया कि 5 जुलाई की रात उसकी विनायक ट्रेडर्स नामक कबाड़ की दुकान से अज्ञात चोरों ने करीब 300 किलोग्राम तांबा और 800 किलो पीतल चोरी कर लिया था। पुलिस ने खंगाले सीसीटीवी, हरियाणा से किया गिरफ्तार मामला दर्ज होने के बाद पुलिस ने जांच शुरू की। टीम ने करीब 100 सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली और तकनीकी साक्ष्यों व मुखबिर की सूचना के आधार पर कार्रवाई की। इसी के तहत आरोपी सुनील (35) निवासी रेवाड़ी (हरियाणा) को गिरफ्तार किया गया। चोरी का माल और बाइक बरामद पूछताछ में आरोपी सुनील ने चोरी की वारदात स्वीकार की। पुलिस ने उसके कब्जे से चोरी का पूरा तांबा-पीतल और वारदात में काम में ली गई बाइक बरामद कर दी। आरोपी चोरी का माल बेचने की फिराक में था, लेकिन पुलिस ने उसे पहले ही दबोच लिया। जांच के दौरान वारदात में शामिल आरोपी के साथी सायर निवासी हमीरपुर की पहचान भी हो गई है। उसकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस लगातार दबिश दे रही है। गिरफ्तार आरोपी को न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया गया है। इस कार्रवाई में थानाधिकारी महावीर सिंह के साथ हेड कॉन्स्टेबल सत्यपाल, कॉन्स्टेबल बजरंगलाल और कॉन्स्टेबल राजवीर सिंह की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
बालाघाट के पूर्व वरिष्ठ शासकीय चिकित्सक और इंडियन मेडिकल एसोसिएशन (आईएमए) के प्रदेश अध्यक्ष डॉ. बी.एम. शरणागत को शनिवार को दिल्ली में 'आईएमए लीडरशिप अवार्ड' से सम्मानित किया गया। कॉन्स्टिट्यूशन क्लब ऑफ इंडिया के सभागार में आयोजित एक भव्य समारोह में देश के रक्षामंत्री राजनाथ सिंह ने उन्हें यह प्रतिष्ठित पुरस्कार प्रदान किया। डॉ. शरणागत को यह सम्मान स्वास्थ्य सेवा और सामाजिक क्षेत्र में उनके असाधारण समर्पण के लिए दिया गया है। बालाघाट के इतिहास में पहली बार मिला गौरव यह पहला मौका है जब बालाघाट जिले के किसी चिकित्सक को इस राष्ट्रीय स्तर के पुरस्कार से नवाजा गया है। डॉ. शरणागत पिछले 35 वर्षों से चिकित्सा और सामाजिक कार्यों में सक्रिय हैं, जिसमें उनकी 25 वर्षों की शासकीय सेवाएं भी शामिल हैं। सरकारी सेवा से सेवानिवृत्त होने के बाद भी वे लगातार ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में सामाजिक कार्यों के माध्यम से अपनी सेवाएं दे रहे हैं। पुरस्कार को मरीजों और स्वास्थ्य टीम को किया समर्पित सम्मान प्राप्त करने के बाद डॉ. बी.एम. शरणागत ने इस सफलता का श्रेय अपने मरीजों, जिले के स्वास्थ्य विभाग की टीम और शुभचिंतकों को दिया। उन्होंने कहा कि यह पुरस्कार उन्हें भविष्य में और अधिक निष्ठा के साथ मानवता की सेवा करने की प्रेरणा देगा। इस गौरवपूर्ण उपलब्धि पर वरिष्ठ समाजसेवी सोहन वैद्य सहित जिले के चिकित्सीय जगत ने खुशी जाहिर करते हुए इसे पूरे बालाघाट के लिए एक ऐतिहासिक पल बताया है। कार्यक्रम में देश भर के प्रख्यात विशेषज्ञ रहे मौजूद इस गरिमामयी पुरस्कार वितरण समारोह में देश भर के कई प्रख्यात चिकित्सक और स्वास्थ्य विशेषज्ञ शामिल हुए। कार्यक्रम के दौरान आईएमए के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. अनिल नायक, डॉ. दिलीप भानुशाली, सेक्रेटरी डॉ. सर्वरी दत्ता और फाइनेंस सेक्रेटरी डॉ. पीयूष जैन विशेष रूप से उपस्थित रहे, जिन्होंने डॉ. शरणागत को इस बड़ी उपलब्धि पर बधाई दी।
उमरिया जिले के बांधवगढ़ टाइगर रिजर्व के धमोखर परिक्षेत्र में एक मादा बाघ शावक की मौत का मामला सामने आया है। शावक के पोस्टमार्टम में उसके शरीर पर गंभीर चोटों का खुलासा हुआ है। जांच में शावक के सिर की हड्डियों में फ्रैक्चर और गले के पास गहरे घाव मिले हैं। वन विभाग ने जरूरी नमूने इकट्ठा कर जांच के लिए भेज दिए हैं। यह शावक धमोखर रेंज के बीट धमोखर की सीमा से करीब 500 मीटर दूर ग्राम चापर के राजस्व क्षेत्र में मृत पाई गई थी। सूचना पर पहुंचे बांधवगढ़ टाइगर रिजर्व के अमले ने डॉग स्क्वाड और मेटल डिटेक्टर की मदद से घटनास्थल की तलाशी ली, लेकिन वहां कोई संदिग्ध वस्तु नहीं मिली। सिर की हड्डी टूटी, शरीर पर मिले दांतों के निशान वन्यजीव स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. राजेश तोमर ने मौके पर किए शुरुआती टेस्ट में ही शावक के सिर की हड्डियों में फ्रैक्चर और शरीर पर नाखून व दांत के निशान पाए थे। समय की कमी के चलते उस वक्त शव को सुरक्षित रखवा दिया गया था। इसके बाद बांधवगढ़ और संजय टाइगर रिजर्व के वन्यजीव स्वास्थ्य अधिकारियों ने मिलकर शावक का पोस्टमार्टम किया, जिसमें सिर की हड्डी टूटने और गले के गंभीर घावों की पुष्टि हुई है। जांच रिपोर्ट के बाद साफ होगी वजह पोस्टमार्टम के दौरान वन्यजीव अधिकारियों ने जरूरी सैंपल लिए हैं। वन विभाग इस पूरे मामले की गंभीरता से पड़ताल कर रहा है। इन नमूनों की जांच रिपोर्ट आने के बाद ही शावक की मौत के असली कारणों और परिस्थितियों का अंतिम खुलासा हो सकेगा।
प्रदेश के नगरीय प्रशासन एवं विकास मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने शनिवार रात दावा किया कि आगामी दतिया उपचुनाव में भाजपा प्रचंड बहुमत से जीत दर्ज करेगी। शाजापुर जिले के मक्सी में अपने अल्प प्रवास के दौरान उन्होंने कहा कि जनता सरकार के विकास और जनकल्याणकारी योजनाओं के साथ है, जिससे पिछली हार का अंतर खत्म कर पार्टी बड़ी जीत हासिल करेगी। सोनम वांगचुक मामले पर सरकार का दखल नहीं नगरीय प्रशासन मंत्री ने मक्सी में कार्यकर्ताओं से मुलाकात के दौरान सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक से जुड़े विवाद पर भी अपनी बात रखी। उन्होंने इस पूरे मामले को विशुद्ध रूप से प्रशासनिक विषय बताया। विजयवर्गीय ने स्पष्ट किया कि प्रशासन नियम के मुताबिक अपनी कार्रवाई करता है और इस मामले से सरकार का कोई लेना-देना या हस्तक्षेप नहीं है। मक्सी पहुंचने पर कार्यकर्ताओं ने किया जोरदार स्वागत शनिवार रात करीब 8 बजे मक्सी आगमन पर भाजपा कार्यकर्ताओं और स्थानीय जनप्रतिनिधियों ने मंत्री कैलाश विजयवर्गीय का जोरदार स्वागत किया। उन्होंने नगर परिषद अध्यक्ष प्रतिनिधि मोहन सिंह पटेल और महेंद्र सिंह पटेल के निवास पर आयोजित बैठक में हिस्सा लिया। इस दौरान उन्होंने स्थानीय विकास कार्यों की समीक्षा की और संगठन की मजबूती को लेकर चर्चा की। स्वागत समारोह में ये रहे मौजूद इस दौरान वरिष्ठ नेता और पार्षद बड़ी संख्या में मौजूद रहे। स्वागत करने वालों में हिंदू उत्सव समिति के पूर्व अध्यक्ष हंसराज जैन, पार्षद भगवान सिंह मंडलोई, दिलीप लोधी, महिला जिला महामंत्री पुष्पा जुगल किशोर भावसार, जैन श्री संघ से नरेंद्र जैन, रवि जैन और भाजयुमो मंडल अध्यक्ष गौतम जैन प्रमुख रूप से शामिल थे।
सूरजपुर जिले के चांदनी बिहारपुर क्षेत्र में आकाशीय बिजली गिरने से एक किसान के दो बैलों की मौके पर ही मौत हो गई। घटना में किसान सुरक्षित बच गया, लेकिन खेती के मुख्य सहारे माने जाने वाले बैलों की मौत से उसे भारी आर्थिक नुकसान हुआ है। जानकारी के अनुसार, बैजनपाठ गांव का किसान अपने बैलों को जंगल में चराने ले गया था। इसी दौरान मौसम अचानक खराब हो गया और तेज गरज-चमक के साथ बारिश शुरू हो गई। किसान बचा, बैलों की गई जान किसान सुरक्षित स्थान की ओर बढ़ ही रहा था कि जंगल में आकाशीय बिजली गिर गई। बिजली की चपेट में आने से दोनों बैलों की मौके पर ही मौत हो गई। घटना के समय किसान बैलों से कुछ दूरी पर था, जिससे उसकी जान बच गई। किसान को हुआ भारी नुकसान घटना की जानकारी मिलते ही ग्रामीण मौके पर पहुंचे। बैलों की मौत से किसान को बड़ा आर्थिक नुकसान हुआ है, क्योंकि खेती-किसानी के लिए वही उसके मुख्य सहारा थे। मुआवजे की मांग ग्रामीणों ने प्रशासन से पीड़ित किसान को तत्काल आर्थिक सहायता और मुआवजा देने की मांग की है। उनका कहना है कि प्राकृतिक आपदा के कारण किसान की आजीविका पर सीधा असर पड़ा है। प्रशासन की अपील बरसात के मौसम में आकाशीय बिजली गिरने की घटनाओं को देखते हुए प्रशासन और मौसम विभाग ने लोगों से खराब मौसम के दौरान खुले मैदान, जंगल और पेड़ों के नीचे जाने से बचने की अपील की है।
बागपत में शनिवार को हाईकोर्ट बेंच की मांग को लेकर 22 जिलों के अधिवक्ताओं ने एक महत्वपूर्ण बैठक की। इस बैठक में विभिन्न महत्वपूर्ण बिंदुओं पर चर्चा की गई। अधिवक्ताओं ने बताया कि पिछले 50 वर्षों से हाईकोर्ट बेंच की स्थापना की मांग की जा रही है, लेकिन इस दिशा में अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है। बैठक में आगे की रणनीति पर विचार किया गया। अधिवक्ताओं ने चेतावनी दी कि यदि उनकी मांग पूरी नहीं होती है, तो वे सांसदों का घेराव करेंगे। यह बैठक दोपहर से शाम तक चली, जिसमें सैकड़ों अधिवक्ता शामिल हुए। उन्होंने यह भी कहा कि आगामी चुनावों में वे उसी उम्मीदवार या पार्टी को वोट देंगे, जो हाईकोर्ट बेंच की मांग पूरी करने का ठोस आश्वासन देगा। इस मुद्दे पर सभी अधिवक्ताओं से विचार-विमर्श जारी है। केंद्रीय संघर्ष समिति के अध्यक्ष अधिवक्ता अनुज शर्मा ने बताया कि यह एक महत्वपूर्ण बैठक थी, जिसमें भविष्य की रणनीति पर विचार किया गया है। उन्होंने कहा कि जल्द ही इस मांग को लेकर एक बड़ा आंदोलन शुरू किया जाएगा।
बदायूं में शनिवार दोपहर करीब 3 बजे एक युवक की ट्रैक्टर से गिरकर मौत हो गई। परिजनों ने ट्रैक्टर चालक पर सुनियोजित तरीके से हत्या करने का आरोप लगाया है। घटना के बाद घटनास्थल बदायूं के वजीरगंज और बरेली के आंवला कोतवाली क्षेत्र की सीमा पर होने के कारण दोनों थानों की पुलिस के बीच देर शाम तक सीमा विवाद जारी रहा। वजीरगंज थाना क्षेत्र के करेंगी गांव निवासी विपिन सिंह (42) पुत्र नरेशपाल खेती का काम करते थे। परिवार के सदस्यों के अनुसार, शनिवार दोपहर लगभग 2 बजे गांव का ही एक व्यक्ति उन्हें खेत जोतने के लिए अपने साथ बुलाकर ले गया था। परिजनों का आरोप है कि खेत की जुताई करते समय आरोपी ने विपिन को ट्रैक्टर से धक्का देकर नीचे गिरा दिया। इसके परिणामस्वरूप, विपिन हैरो में उलझकर गंभीर रूप से घायल हो गए। घटना के बाद ट्रैक्टर चालक मौके से फरार हो गया। ग्रामीणों की सूचना पर पहुंचे परिजन विपिन को आनन-फानन में इलाज के लिए आंवला ले जा रहे थे, लेकिन रास्ते में ही उनकी मौत हो गई। परिवार वालों ने इसे सुनियोजित हत्या बताते हुए पुलिस को तहरीर दी है। हालांकि, वजीरगंज थाना पुलिस का कहना है कि घटनास्थल बरेली जिले का है, जबकि आंवला पुलिस इसे बदायूं का घटनास्थल बता रही है। सीमा विवाद के चलते परिवार वाले फिलहाल शव को अपने घर ले गए हैं। वजीरगंज एसएचओ ने बताया कि घटनास्थल बरेली का ही है और आंवला पुलिस ही शव का पोस्टमार्टम कराएगी।
सुल्तानपुर में जमीन विवाद से जुड़े जानलेवा हमले के मामले में पूर्व पालिकाध्यक्ष के पुत्र सैय्यद मो. अफ्फान को शनिवार शाम 4 बजे जेल भेज दिया गया है। मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट (सीजेएम) नवनीत सिंह की अदालत ने उन्हें 31 जुलाई तक न्यायिक हिरासत में भेजा है। पुलिस ने सैय्यद मो. अफ्फान को शनिवार को सीजेएम नवनीत सिंह की अदालत में पेश किया। अभियोजन पक्ष के अधिवक्ता संतोष पांडेय ने पुलिस की कार्रवाई को विधिसम्मत बताते हुए आरोपी को न्यायिक हिरासत में भेजने की मांग की। वहीं, बचाव पक्ष के अधिवक्ता अरविंद सिंह राजा और दीपांशु निगम ने गिरफ्तारी को गलत बताते हुए पुलिस रिमांड का विरोध किया। दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद सीजेएम नवनीत सिंह ने सैय्यद मो. अफ्फान को 31 जुलाई तक के लिए जिला कारागार भेजने का आदेश दिया। यह मामला 30 मई को दर्ज किया गया था। कोतवाली नगर क्षेत्र के जमाल गेट, खैराबाद निवासी इकबाल अहमद ने जमीन विवाद को लेकर जानलेवा हमला किए जाने का आरोप लगाया था। इकबाल अहमद ने अपनी शिकायत में नगर पालिका परिषद के पूर्व अध्यक्ष सैय्यद मो. रहमान उर्फ मानू, उनके पुत्र सैय्यद मो. अफ्फान सहित पांच नामजद और छह अज्ञात लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया था। मामले की विवेचना के दौरान पुलिस ने आरोपी अफ्फान को गिरफ्तार कर अदालत में पेश किया था।
महोबा में एक युवक के दोनों हाथ कुल्हाड़ी से काटे जाने के मामले ने तूल पकड़ लिया है। घटना के चार दिन बाद भी मुख्य आरोपी और भाजपा नेता शिवप्रताप सिंह फरार है। इस बीच, पीड़ित युवक की बहन ने सोशल मीडिया पर एक वीडियो जारी कर आरोपी की गिरफ्तारी और उसके घर पर बुलडोजर चलाने की मांग की है। यह घटना 14 जुलाई की रात छतरपुर रोड स्थित एक पेट्रोल पंप पर हुई थी। जयवेंद्र सिंह उर्फ विक्की नामक युवक पर कुल्हाड़ी से जानलेवा हमला किया गया था। पुरानी रंजिश के चलते हुए इस हमले में युवक के दोनों हाथ कटकर लटक गए थे, जबकि सिर और पैरों में भी गंभीर चोटें आई थीं। घायल के पिता ने भाजयुमो के पूर्व मीडिया प्रभारी शिवप्रताप सिंह और उसके साथियों के खिलाफ नामजद मुकदमा दर्ज कराया था। पुलिस ने इस मामले में तत्परता दिखाते हुए तीन आरोपियों रोहित कुमार, नादिर और अभिषेक श्रीवास को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। हालांकि, घटना के चार दिन बीत जाने के बाद भी मुख्य आरोपी भाजपा नेता शिवप्रताप सिंह पुलिस की पकड़ से दूर है। मुख्य आरोपी की गिरफ्तारी न होने से नाराज घायल युवक की बहन संगीता सिंह का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। वीडियो में संगीता ने प्रशासन की नीयत पर सवाल उठाते हुए आरोप लगाया है कि राजनीतिक दबाव के कारण भाजपा नेता पर कार्रवाई नहीं हो रही है। संगीता ने यह भी आरोप लगाया कि कुछ स्थानीय भाजपा नेता आरोपी को बचाने के लिए प्रशासन पर दबाव बना रहे हैं, जिसके कारण वह खुलेआम घूम रहा है। बेबस बहन ने अब सीधे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से न्याय की गुहार लगाई है,और आरोपियों के घरों पर बुलडोजर चलाने की मांग की है। उसने मांग की है कि दोषियों के घरों पर बुलडोजर चलाया जाए और उनका एनकाउंटर किया जाए। संगीता ने चेतावनी भरे लहजे में कहा कि यदि प्रशासन ने जल्द सख्त कार्रवाई नहीं की, तो वे अपने स्तर से कदम उठाएंगे, क्योंकि उन्हें भी अपने भाई के हाथ के बदले आरोपियों के हाथ चाहिए।
रामपुर के शाहाबाद में शुक्रवार रात करीब 2 बजे सो रहे दो लोगों पर हमलावर ने ईंट से जानलेवा हमला कर दिया। यह पूरी वारदात पास लगे सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गई। गंभीर रूप से घायल दोनों व्यक्तियों को जिला अस्पताल से हायर सेंटर रेफर किया गया है। घायलों की पहचान 40 साल के अकरम और 50 साल के अयूब के रूप में हुई है। अकरम निजी बस में कंडक्टर हैं। वहीं अयूब दुकानों की चौकीदारी करते हैं। दोनों शाहाबाद क्षेत्र के लश्करगंज निवासी हैं। घटना के समय रोज की तरह दुकान के बाहर सो रहे थे। हमलावर ने ईंट से उनके सिर और शरीर पर ताबड़तोड़ वार किए। हमलावर ने उनकी जेबों की तलाशी भी ली और फिर मौके से फरार हो गया। शनिवार सुबह करीब 7 बजे स्थानीय लोगों को घटना की जानकारी हुई। पुलिस ने घायलों को जिला अस्पताल भेजा। पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण कर आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज कब्जे में ली है। फुटेज में आरोपी का चेहरा सफेद कपड़े से ढका दिखाई दे रहा है, जिससे उसकी पहचान करना पुलिस के लिए चुनौती बनी हुई है। पुलिस ने घायल परिवार की तहरीर पर अज्ञात आरोपी के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है। शनिवार शाम एएसपी अनुराग सिंह ने बताया कि पुलिस सीसीटीवी फुटेज, घटनास्थल से मिले साक्ष्यों और अन्य तकनीकी पहलुओं की गहन जांच कर रही है। उन्होंने घायल परिजनों को भरोसा दिलाया कि पुलिस जल्द ही हमलावर की पहचान कर घटना का अनावरण करेगी। रात के सन्नाटे में हुई इस वारदात से इलाके में दहशत का माहौल है। आरोपी की तलाश में पुलिस की कई टीमें जुटी हैं और अधिकारियों का दावा है कि जल्द ही पूरे मामले का खुलासा कर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया जाएगा। जिला अस्पताल के डॉक्टरों ने घायलों की स्थिति नाजुक देखते हुए उन्हें बेहतर इलाज के लिए हायर सेंटर रेफर कर दिया है।
कैबिनेट मंत्री जोगाराम पटेल का कहना है- कांग्रेस सार्वजनिक रूप से यह कह दे कि सुप्रीम कोर्ट के अनुसार सरकार आरक्षण दिए बिना ही चुनाव कराए, तो हम उस पर तुरंत विचार कर सकते हैं। लेकिन ऐसा कांग्रेस कभी नहीं कहेगी कि बिना ओबीसी वर्ग को आरक्षण दिए चुनाव करवाए जाएं। उन्होंने कहा कि ओबीसी आयोग का गठन करना सरकार का काम था, और उसकी रिपोर्ट देना ओबीसी आयोग का काम है। सरकार के स्तर पर चुनाव से संबंधित जो कार्रवाई होनी चाहिए, वह पूरी हो चुकी है। जब भी चुनाव आयोग कहेगा, सरकार तैयार है। चुनाव आयोग एक स्वतंत्र निकाय है। मंत्री ने हाईकोर्ट की ओर से की गई टिप्पणी के सवाल को टालते हुए कहा कि यह मामला कोर्ट में लंबित है, इसलिए इस पर मेरी टिप्पणी करना ठीक नहीं है। इसकी एक मर्यादा है। दरअसल, कैबिनेट मंत्री जोगाराम पटेल शनिवार को बाड़मेर दौरे पर रहे। उन्होंने चौहटन स्थित विरात्रा माता मंदिर में दर्शन किए। इसके बाद बाड़मेर सर्किट हाउस पहुंचे, जहां अफसरों की मीटिंग के बाद मीडिया से भी बातचीत की। जब तक जांच नहीं, तब तक राजनीतिक आरक्षण नहीं दे सकतेमंत्री ने कहा कि साल 2021 में महाराष्ट्र के एक केस में सर्वोच्च न्यायालय ने निर्णय लिया था कि अगर राजनीतिक क्षेत्र में ओबीसी वर्ग को आरक्षण देना है, तो राज्य सरकारें त्रि-स्तरीय जांच करवाने के बाद ही ऐसा कर सकती हैं। कोर्ट ने दोहराया था कि जब तक त्रि-स्तरीय जांच नहीं करवाते, तब तक आप राजनीतिक आरक्षण नहीं दे सकते। उस समय की तत्कालीन सरकार ने 2021, 2022 और 2023 में ओबीसी आयोग का गठन नहीं किया। ऐसे में अब फैसला कांग्रेस को करना है कि वे क्या चाहते हैं। तबादलों में रुपयों का लेन-देन कांग्रेस सरकार में हुआमंत्री ने कहा कि तबादलों में रुपए लेने के कांग्रेस के आरोप का भी जवाब दिया। उन्होंने कहा कि कांग्रेस सरकार के राज में जयपुर में एक कार्यक्रम में बड़े-बड़े शिक्षाविद मौजूद थे। तत्कालीन सीएम अशोक गहलोत और शिक्षा मंत्री गोविंद सिंह डोटासरा भी वहां थे। तब अशोक गहलोत ने शिक्षाविदों से पूछा था कि क्या ट्रांसफर में पैसे लिए जाते हैं? तब सबने एक राय होकर वहां पर कहा था कि हां, पैसे लिए जाते हैं। यह तो प्रमाणित तथ्य हो गया। अभी कांग्रेस जो आरोप लगा रही है, वह पूर्ण रूप से निराधार है। प्रसूताओं की मौत मामले में अब लीकेज नहीं होगाप्रसूताओं की मौत के सवाल पर मंत्री ने कहा कि मौतें कितनी हुईं और कैसे हुईं, इसमें तथ्यात्मक भिन्नता रहती है। लेकिन ऐसा नहीं होना चाहिए, हम यह बात स्वीकार करते हैं। हॉस्पिटल में कोई भी आएगा तो वह इलाज के लिए आएगा। इसके अलग-अलग तरह के स्पष्टीकरण हैं, लेकिन मैं इसको इस रूप में लेता हूं और हम स्वीकार करते हैं कि हमारे हॉस्पिटल में जितने भी रोगी आएं, उनका प्रभावी इलाज होना चाहिए। जहां कहीं भी कमियां (लीकेज) रही हैं, वे अब नहीं होंगी, ऐसा हम आपको विश्वास दिलाते हैं। कांग्रेस ने जानबूझकर बॉर्डर पर भवनों का निर्माण होने दियाबॉर्डर इलाकों में 'ऑपरेशन क्लीन' के सवाल पर भी मंत्री ने जवाब दिया। उन्होंने कहा कि बहुत समय पहले देश की सुरक्षा को लेकर यह तय किया गया था कि बॉर्डर एरिया में कोई भी अवांछनीय गतिविधि या संदिग्ध एक्टिविटी न हो, जिससे बाहरी और आंतरिक सुरक्षा खतरे में न पड़े। इसलिए 50 किलोमीटर का एरिया प्रतिबंधित किया गया है, जिससे वहां पर कोई अवैध निर्माण न हो। लेकिन तत्कालीन कांग्रेस सरकार ने तुष्टीकरण के तहत जानबूझकर ऐसे भवनों का निर्माण होने दिया, जो नहीं होना चाहिए था। इसको लेकर केंद्र सरकार को इनपुट मिला कि वहां पर संदिग्ध गतिविधियां हैं और देश की सुरक्षा को लेकर खतरा है। गृहमंत्री अमित शाह ने मीटिंग कर इसकी पुष्टि की और यह माना गया कि यहां एक्टिविटी ठीक नहीं है। तब हमने निर्णय लिया कि ऐसे भवनों के निर्माण पर कार्रवाई की जाए जो संदिग्ध एक्टिविटी या प्रतिबंधित क्षेत्र में आते हैं, और सरकार की ओर से कार्रवाई की गई। हाईकोर्ट ने याचिका पर सुनवाई करते हुए कहा कि सरकार को यह अधिकार है, क्योंकि देश की सुरक्षा पहले है और बाकी सब बाद में। कोर्ट ने रिट याचिका को खारिज कर दिया। इनकी ओर से लगाए गए आरोपों का जवाब कोर्ट ने दे दिया है।
कानपुर देहात में आपातकालीन पुलिस सेवा को मजबूत करने के लिए चार नए यूपी-112 पीआरवी वाहनों को हरी झंडी दिखाई गई। उत्तर प्रदेश पुलिस की यूपी-112 परियोजना के तहत ये वाहन शनिवार को रवाना किए गए। इनके संचालन से जिले में पुलिस का रिस्पॉन्स टाइम बेहतर होगा और जनता को त्वरित सहायता मिल सकेगी। पुलिस अधीक्षक श्रद्धा नरेंद्र पांडेय के निर्देश पर आयोजित कार्यक्रम में अपर पुलिस अधीक्षक आलोक प्रसाद ने इन वाहनों को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इस अवसर पर क्षेत्राधिकारी यूपी-112 विनय कुमार सिंह, प्रभारी निरीक्षक यूपी-112 दिलीप कुमार बिंद और परिवहन प्रभारी उपनिरीक्षक अनिल कुमार शर्मा भी मौजूद रहे। पुलिस विभाग के अनुसार, मुख्यालय यूपी-112 द्वारा उपलब्ध कराए गए ये आधुनिक वाहन जिले के विभिन्न थाना क्षेत्रों में तैनात किए गए हैं। इनमें थाना अकबरपुर को पीआरवी यूपी-32 डीजी-9304, थाना रसूलाबाद को पीआरवी यूपी-32 डीजी-9305, थाना शिवली को पीआरवी यूपी-32 डीजी-9167 और थाना मंगलपुर की सन्दलपुर चौकी क्षेत्र को पीआरवी यूपी-32 डीजी-9168 आवंटित की गई है। इन पीआरवी वाहनों से सड़क दुर्घटना, अपराध, विवाद, महिला सुरक्षा और चिकित्सा आपातकाल जैसी संकट की स्थितियों में पुलिस तेजी से मौके पर पहुंच सकेगी। अधिकारियों ने बताया कि इनके संचालन से आपातकालीन घटनाओं पर पुलिस की प्रतिक्रिया अधिक प्रभावी होगी और कानून व्यवस्था बनाए रखने में भी मदद मिलेगी। कानपुर देहात पुलिस के अनुसार, यूपी-112 का मुख्य उद्देश्य आमजन को समयबद्ध, गुणवत्तापूर्ण और भरोसेमंद पुलिस सहायता उपलब्ध कराना है। इन नई पीआरवी के शामिल होने से जिले की आपातकालीन पुलिस व्यवस्था को मजबूती मिलेगी और जरूरतमंदों तक सहायता और तेजी से पहुंचाई जा सकेगी।
महान चित्रकार दिवंगत सैयद हैदर रज़ा की याद में शनिवार शाम से मंडला की रज़ा कला वीथिका में छह दिवसीय 'रज़ा स्मृति 2026' का शुभारंभ हो गया। भाजपा जिलाध्यक्ष प्रफुल्ल मिश्रा और कलेक्टर राहुल नामदेव धोटे ने संयुक्त रूप से इस कला उत्सव का उद्घाटन किया। इसके साथ ही स्थानीय और युवा कलाकारों की चित्रकला तथा पारंपरिक गोंड चित्रशैली प्रदर्शनी की शुरुआत भी हुई। आम जनता के लिए सजेंगी चित्रकला कार्यशालाएं रविवार, 19 जुलाई को रज़ा कला वीथिका में 'माटी पर रंग' और 'छाते पर रंग' जैसी विशेष चित्रकला कार्यशालाएं आयोजित की जाएंगी। इसमें आम नागरिक और कला प्रेमी हिस्सा लेकर खुद चित्रकारी कर सकेंगे, जिसके लिए रज़ा फाउंडेशन मुफ्त सामग्री और मिट्टी के बर्तन बनाने का प्रशिक्षण देगा। इसके साथ ही माहिष्मती घाट पर लकड़ी पर नक्काशी की लाइव कार्यशाला भी चलेगी। हर शाम माहिष्मती घाट पर सजेगी सांस्कृतिक महफिल 'रज़ा स्मृति' के तहत 19 से 23 जुलाई तक रोजाना शाम 7:30 बजे से माहिष्मती घाट पर सांस्कृतिक संध्या का आयोजन होगा। इसमें देश के विभिन्न हिस्सों से आए कलाकार नृत्य, गायन, पंडवानी, उर्दू काव्य और मणिपुरी नृत्य की प्रस्तुतियां देंगे। वहीं 20 से 22 जुलाई तक होटल ग्रैंड किंगफिशर में 'साहित्य और प्रकृति' विषय पर देश के प्रतिष्ठित साहित्यकारों की उपस्थिति में एक संगोष्ठी आयोजित की जाएगी। 23 जुलाई को पुष्पांजलि के साथ होगा समापन छह दिवसीय इस कला महोत्सव का समापन 23 जुलाई को होगा। इस दिन बिंझिया कब्रिस्तान में सैयद हैदर रज़ा और उनके पिता की मजार पर पुष्पांजलि अर्पित कर उन्हें नमन किया जाएगा। रज़ा फाउंडेशन ने जिले के सभी कला और संस्कृति प्रेमियों से इन सभी आयोजनों में शामिल होने की अपील की है।
शहडोल जिले के जयसिंहनगर थाना क्षेत्र के ग्राम कनाड़ीकला में अंधविश्वास के चलते एक बुजुर्ग महिला की बेरहमी से हत्या करने का सनसनीखेज मामला सामने आया है। शनिवार को पुलिस ने इस अंधी हत्या का खुलासा करते हुए दो सगे भाइयों को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपियों ने अपनी ही रिश्तेदार गेंदा बाई यादव की कुल्हाड़ी से काटकर हत्या कर दी थी। पुलिस ने वारदात में इस्तेमाल कुल्हाड़ी और मोबाइल फोन जब्त कर लिया है। पुलिस के मुताबिक, आरोपी अनिल यादव और सुनील यादव को अपनी मौसी की सास गेंदा बाई यादव पर जादू-टोना करने का शक था। दोनों भाइयों का मानना था कि उनके दादा-दादी और घर के मवेशियों की मौत गेंदा बाई के टोटके की वजह से हुई थी। इसके अलावा सुनील की मां लंबे समय से बीमार चल रही थी और उसकी पत्नी गर्भवती थी। दोनों भाइयों को डर था कि होने वाले बच्चे पर भी इस जादू-टोने का बुरा असर पड़ सकता है। इसी अंधविश्वास के चलते दोनों ने गेंदा बाई को रास्ते से हटाने की साजिश रची। फोन से लोकेशन ट्रैक कर पीछे से किया वार पुलिस जांच में पता चला है कि आरोपियों ने पूरी प्लानिंग के साथ सुनसान जगह पर इस वारदात को अंजाम दिया। एक सप्ताह पहले घटना वाले दिन गेंदा बाई जब हाट-बाजार से अपने घर लौट रही थीं, तब एक भाई मोबाइल फोन के जरिए उनकी पल-पल की लोकेशन अपने दूसरे भाई को दे रहा था। दूसरा भाई कुल्हाड़ी लेकर पहले से ही रास्ते में घात लगाकर बैठा था। जैसे ही बुजुर्ग महिला उस सुनसान जगह पर पहुंची, आरोपी ने पीछे से उनकी गर्दन पर कुल्हाड़ी से ताबड़तोड़ वार कर उन्हें मौत के घाट उतार दिया और मौके से फरार हो गए। तकनीकी साक्ष्यों से पकड़े गए आरोपी वारदात की सूचना मिलते ही जयसिंहनगर थाना पुलिस ने मौके पर पहुंचकर जांच शुरू की। पुलिस ने संदेहियों को हिरासत में लिया गया। पुलिसिया पूछताछ में दोनों भाइयों ने जादू-टोने के शक में हत्या करने का जुर्म कबूल कर लिया।
जांजगीर-चांपा। अकलतरा विकासखंड स्थित कर्रा नाला जलाशय का बांध भारी बारिश के कारण क्षतिग्रस्त हो गया। गेट के पास दरार आने से पानी का तेज बहाव शुरू हो गया, जिसके बाद जिला प्रशासन ने तत्काल राहत एवं बचाव अभियान शुरू किया। घटना की जानकारी मिलते ही कलेक्टर जन्मेजय महोबे और पुलिस अधीक्षक विजय कुमार पांडेय अधिकारियों के साथ मौके पर पहुंचे। जल संसाधन विभाग की विशेषज्ञ टीमें पानी के बहाव को नियंत्रित करने और बांध की मरम्मत में जुटी हैं। 125 लोगों को सुरक्षित निकाला गया संभावित खतरे को देखते हुए बड़ेअमेरी गांव और कोटमीसोनार के भाटापारा क्षेत्र से करीब 125 लोगों को सुरक्षित निकालकर राहत शिविरों में पहुंचाया गया। शिविरों में भोजन, पेयजल और स्वास्थ्य सुविधाओं की व्यवस्था की गई है। निचले इलाकों में अलर्ट प्रशासन ने जलाशय की निगरानी के लिए अधिकारियों की तैनाती की है। निचले इलाकों में रहने वाले लोगों से सतर्क रहने, अनावश्यक आवाजाही से बचने और अफवाहों पर ध्यान न देने की अपील की गई है। स्थिति नियंत्रण में है कलेक्टर जन्मेजय महोबे ने बताया कि सूचना मिलते ही जिला प्रशासन, पुलिस, जल संसाधन विभाग और आपदा प्रबंधन की टीमें मौके पर पहुंच गई थीं। उन्होंने कहा कि स्थिति फिलहाल नियंत्रण में है और मरम्मत कार्य युद्धस्तर पर जारी है। लोगों की सुरक्षा प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है।
कौशांबी के संदीपन घाट थाना क्षेत्र में एक अज्ञात युवक की ट्रेन की चपेट में आने से मौत हो गई। यह घटना शनिवार शाम मरधरा गांव के सामने स्थित मानव रहित रेलवे क्रॉसिंग पर हुई। सूचना मिलने पर संदीपन घाट पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस टीम में मूरतगंज चौकी प्रभारी कुमार संकरम भी शामिल थे। पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण कर शव को कब्जे में लिया। आसपास के लोगों से युवक की पहचान कराने का प्रयास किया गया, लेकिन देर शाम तक उसकी शिनाख्त नहीं हो सकी। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, ट्रेन गुजरने के दौरान युवक रेलवे ट्रैक पर आ गया और उसकी चपेट में आने से मौके पर ही उसकी मौत हो गई। हालांकि, यह स्पष्ट नहीं हो सका है कि यह एक दुर्घटना थी या युवक किसी अन्य कारण से ट्रैक पर पहुंचा था। पुलिस सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर मामले की जांच कर रही है। मूरतगंज चौकी प्रभारी कुमार संकरम ने बताया कि अज्ञात युवक के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। उसकी पहचान कराने के प्रयास जारी हैं, जिसके बाद परिजनों को सूचित कर आवश्यक विधिक कार्रवाई की जाएगी।
रोहतक जिले में सांपला कस्बे के मुख्य बाजार में सड़क पर वाहन खड़े करने वालों के खिलाफ नगर पालिका प्रशासन ने कार्रवाई तेज कर दी है। पुलिस के सहयोग से ऐसे वाहन चालकों के चालान किए जा रहे हैं, जो अपनी कार सड़क पर खड़ी कर खरीदारी करते हैं। प्रशासन का कहना है कि इन वाहनों के कारण बाजार में बार-बार जाम की स्थिति बनती है, जिससे आम लोगों को परेशानी होती है। यह कार्रवाई यातायात व्यवस्था को सुचारु बनाने के उद्देश्य से की जा रही है। व्यापारियों ने लगाया दोहरे रवैये का आरोप इस कार्रवाई के बीच व्यापारियों ने नगरपालिका प्रशासन पर दोहरे रवैये का आरोप लगाया है। व्यापारियों का कहना है कि पिछले महीने बाजार से अतिक्रमण हटाने के लिए सभी रेहड़ी-फड़ी वालों को हटाया गया था। हालांकि, अब वही रेहड़ी और रिक्शा चालक दोबारा बाजार में आकर अतिक्रमण करने लगे हैं। व्यापारियों का आरोप है कि नगरपालिका प्रशासन अब इनके खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं कर रहा, जिससे बाजार में फिर से अतिक्रमण बढ़ रहा है और दुकानदारों को परेशानी हो रही है। वाहन पार्क करने के लिए की गई अलग व्यवस्था नगरपालिका प्रशासन का कहना है कि बाजार में खरीदारी करने आने वाले लोगों के लिए वाहन पार्क करने की अलग से व्यवस्था की गई है। इसके बावजूद कई लोग अपनी कारें मुख्य सड़क पर ही खड़ी कर देते हैं, जिससे यातायात बाधित होता है और जाम लग जाता है। प्रशासन ने रेहड़ी-फड़ी संचालकों को भी चेतावनी दी है कि वे बाजार में अवैध रूप से अतिक्रमण न करें, अन्यथा उनके भी चालान किए जाएंगे। इसके अलावा, उन दुकानदारों को भी नोटिस जारी किए जा रहे हैं, जिन्होंने अपनी दुकानों के आगे फुटपाथ से बाहर रेहड़ी या ठेली लगाकर अतिक्रमण किया हुआ है।
सिंगरौली जिले के पोखरा गांव में शनिवार को एक 19 साल की युवती का शव पेड़ पर फंदे से लटका मिला। घटना के बाद से पूरे इलाके में सनसनी फैल गई है। सूचना मिलते ही बरगवां थाना प्रभारी अनिल पटेल पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे और शव को अपने कब्जे में लेकर मामले की जांच शुरू कर दी है। घटनास्थल की स्थिति से उठे सवाल मृतक युवती की पहचान पोखरा गांव की रहने वाली लीलामती सिंह गौड़ (19) के रूप में हुई है। परिजनों के अनुसार, वह शुक्रवार से घर से लापता थी और शनिवार दोपहर तक वापस नहीं लौटी थी। बाद में ग्रामीणों ने उसका शव पेड़ से लटका देखा। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि घटनास्थल पर युवती के कपड़ों की स्थिति संदिग्ध थी और शव जिस ऊंचाई पर था, उसे लेकर ग्रामीण कई तरह की आशंकाएं जता रहे हैं। स्थानीय लोगों ने मामले की निष्पक्ष और गहराई से जांच करने की मांग की है। पुलिस को पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार थाना प्रभारी अनिल पटेल ने बताया कि परिजनों ने शुरुआती पूछताछ में युवती की मानसिक स्थिति ठीक न होने की बात कही है। पुलिस के अनुसार, प्रथम दृष्टया यह मामला आत्महत्या का लग रहा है, लेकिन घटनास्थल की परिस्थितियों को देखते हुए हर पहलू की बारीकी से जांच की जा रही है। मौत के असली कारणों का खुलासा पोस्टमार्टम रिपोर्ट और वैज्ञानिक जांच आने के बाद ही हो सकेगा, जिसके आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
सरगुजा में बिना पुलिस वेरिफिकेशन बदमाशों को किराये पर मकान देना युवक को मंहगा पड़ गया। किरायेदार युवक डकैती के मामले में गिरफ्तार हुए। उनके खिलाफ आर्म्स एक्ट की कार्रवाई भी की गई थी। मकान मालिक ने किरायेदारों का पुलिस वेरिफिकेशन नहीं कराया था। पुलिस ने मकान मालिक को गिरफ्तार कर लिया है। मामला गांधीनगर थाना क्षेत्र का है। जानकारी के मुताबिक,13 मई 2026 को अंबिकापुर-प्रतापपुर रोड में स्थित ग्राम घंघरी के गेरवानी नाला के पास हथियारबंद बाइक सवारों ने एक आटो चालक से लूटपाट की थी और शादी समारोह से लौट रहे कार सवारों को रोककर लूटने की कोशिश की थी। कार सवार भाग निकलने में सफल हो गए थे। मामले में गांधीनगर पुलिस ने यूपी के युुवकों के खिलाफ धारा 126(2),310 (10) बीएनएस एवं 25,27 आर्म्स एक्ट के तहत अपराध दर्ज कर आरोपियों को गिरफ्तार किया था। कुछ युवक अब तक फरार हैं। मकान मालिक के खिलाफ एफआईआर, गिरफ्तार मामले की जांच में पता चला कि यूपी के बदमाशों को बिना पुलिस वेरिफिकेशन भट्ठी रोड निवासी राहुल विश्वकर्मा (27 वर्ष) ने अपना मकान किराये पर दिया था। सरगुजा कलेक्टर ने पूर्व में ही किरायेदारों के सत्यापन का निर्देश दिया था। राहुल विश्वकर्मा ने इसका पालन नहीं किया। मामले में गांधीनगर पुलिस ने राहुल विश्वकर्मा के खिलाफ बीएनएस की धारा 223 के तहत अपराध दर्ज किया। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। गैंगस्टरों के छिपने का खुलासा होने के बाद अभियान सरगुजा में धनबाद के गैंगस्टरों के अंबिकापुर में सालों छिपे रहने का खुलासा होने के बाद सरगुजा पुलिस लगातार किरायेदारों एवं बाहरी लोगों का सत्यापन कर रही है। सरगुजा एसएसपी राजेश अग्रवाल ने कहा है कि जितना जल्दी संभव हो मकान मालिक अपने किराएदारों का पुलिस वेरिफिकेशन कराएं और किरायेदारों की वेरिफिकेशन करवाने में लापरवाही ना बरतें। सरगुजा पुलिस ने बताया है कि छत्तीसगढ़ पुलिस के समाधान ऐप से भी मकान मालिक आसानी से किरायेदारों का सत्यापन कर सकते हैं। इसके लिए समाधान ऐप डाउनलोड कर ओटीपी के माध्यम से रजिस्टर्ड करना होगा। अपने एवं किरायेदार के आवश्यक दस्तावेज अपलोड कर किरायेदारों को सत्यापन किया जा सकता है। ऑफलाइन पुलिस वेरिफिकेशन के लिए मकान मालिक अपने संबंधित थाना में जाकर किरायेदार सत्यापन फॉर्म भरकर आवश्यक जानकारी थाना में उपलब्ध कराएं वेरिफिकेशन फॉर्म के साथ किरायेदार और मकान मालिक का पहचान प्रमाण पत्र, रेंट एग्रीमेंट और फोटो आदि जरूरी कागजात जमा करने होते हैं। जो बहुत ही आसान एवं तत्काल हो जानी वाली प्रक्रिया है।
मैहर जिले के कल्याणपुर माध्यमिक विद्यालय में प्रधानमंत्री पोषण शक्ति निर्माण (मिड-डे मील) योजना में गंभीर लापरवाही का मामला सामने आया है। यहां स्कूल में गैस कनेक्शन होने के बावजूद 300 से ज्यादा बच्चों का खाना लकड़ी के चूल्हे पर पकाया जा रहा था। इस बीच बच्चों को परोसी गई खिचड़ी में इल्लियां (कीड़े) मिलने का एक वीडियो सोशल मीडिया पर पोस्ट हो गया, जिसके बाद प्रशासनिक अमले में हड़कंप मच गया। स्थानीय लोगों के मुताबिक सरकार ने धुएं से मुक्त और सुरक्षित रसोई के लिए स्कूल को गैस सिलेंडर और कनेक्शन दिया था, लेकिन इसके बाद भी खाना पुराने ढर्रे पर लकड़ी जलाकर ही बनाया जा रहा था। मेन्यू बदला और खिचड़ी में मिले कीड़े स्कूल पर मिड-डे मील के तय मेन्यू का पालन न करने के भी आरोप हैं। तय व्यवस्था के अनुसार बुधवार को बच्चों को चावल, चने की दाल और मिक्स सब्जी दी जानी थी, लेकिन उसकी जगह सिर्फ खिचड़ी परोस दी गई। इसी खिचड़ी में बच्चों को इल्लियां तैरती हुई मिलीं, जिसका वीडियो शनिवार को सामने आने के बाद यह मामला सुर्खियों में आ गया। स्व-सहायता समूह हटाया, शाला समिति को जिम्मा बदइंतजामी की शिकायत मिलने के बाद जिला पंचायत सीईओ शैलेंद्र सिंह ने मध्यान्ह भोजन का संचालन कर रहे 'मां शारदा स्व-सहायता समूह' को तुरंत हटा दिया गया है। अब इस स्कूल में भोजन व्यवस्था संभालने की जिम्मेदारी शाला प्रबंधन समिति (एसएमसी) को सौंप दी गई है।
हरदोई में प्रदेश के आबकारी राज्यमंत्री नितिन अग्रवाल ने शनिवार शाम 5 बजे के आसपास नघेटा रोड स्तिथ निर्माणाधीन मुख्य नाले का निरीक्षण किया। उन्होंने निर्माण कार्य की प्रगति का जायजा लिया। अफसरों को एक महीने के अंदर नाला पूरा करने का अल्टीमेटम दिया। यह परियोजना क्षेत्र में जलभराव की समस्या के स्थायी समाधान के लिए महत्वपूर्ण है। निरीक्षण के दौरान नगर पालिका चेयरमैन, अधिशासी अधिकारी (ईओ) सहित पालिका के अन्य अधिकारी मौजूद रहे। मंत्री अग्रवाल ने अधिकारियों से परियोजना की विस्तृत जानकारी ली और शेष कार्य को निर्धारित समयसीमा में पूरा करने पर जोर दिया। मंत्री ने कहा कि नघेटा रोड का यह मुख्य नाला शहर की जलनिकासी व्यवस्था के लिए एक महत्वपूर्ण परियोजना है। इसे क्षेत्र में लंबे समय से चली आ रही जलभराव की समस्या के स्थायी समाधान के उद्देश्य से स्वीकृति दी गई है। उन्होंने बताया कि बरसात में नघेटा रोड और आसपास के इलाकों में जलभराव से लोगों को आवागमन में भारी परेशानी होती है। नाले का निर्माण पूरा होने के बाद पानी की निकासी सुचारू होगी, जिससे क्षेत्रवासियों को बड़ी राहत मिलेगी। मंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि यदि निर्माण कार्य में कोई तकनीकी या प्रशासनिक बाधा आ रही हो, तो उसे तत्काल दूर कर काम में तेजी लाई जाए। नितिन अग्रवाल ने यह भी कहा कि उनकी प्राथमिकता नघेटा रोड को पूरी तरह सीसी रोड के रूप में विकसित करना है। उन्होंने स्पष्ट किया कि बार-बार जलभराव के कारण सड़क क्षतिग्रस्त हो जाती है। नाले के साथ सीसी सड़क बनने से यह समस्या स्थायी रूप से समाप्त होगी और लोगों को बेहतर आवागमन की सुविधा मिलेगी। उन्होंने जोर दिया कि प्रदेश सरकार की मंशा है कि सभी स्वीकृत विकास कार्य तय समयसीमा में गुणवत्ता के साथ पूरे किए जाएं, ताकि जनता को उनका त्वरित लाभ मिल सके। निरीक्षण के दौरान अधिकारियों को गुणवत्ता और समयबद्धता का विशेष ध्यान रखने के निर्देश दिए गए।
रामपुर के मुख्य विकास अधिकारी (सीडीओ) गुलाब चंद्र ने शनिवार दोपहर दो बजे विकासखंड मिलक का औचक निरीक्षण किया। उन्होंने जनपद में विकास कार्यों की गुणवत्ता और जनकल्याणकारी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान मनरेगा के अभिलेखों में कमियां पाई गईं, जिस पर संबंधित अधिकारियों को तीन दिन के भीतर त्रुटियों का निराकरण कर अनुपालन रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए। इस औचक निरीक्षण के दौरान खंड विकास अधिकारी शैलेंद्र कुमार, सहायक विकास अधिकारी (ग्राम्य विकास) राजेंद्र कुमार और सहायक विकास अधिकारी (पंचायत) जगरूप सिंह सहित कई अधिकारी व कर्मचारी उपस्थित रहे। सीडीओ ने कार्यालय व्यवस्था, विभिन्न योजनाओं की प्रगति और अभिलेखों के रखरखाव की भी समीक्षा की। सीडीओ गुलाब चंद्र ने आईजीआरएस पोर्टल और जनसुनवाई से प्राप्त शिकायतों के निस्तारण पर विशेष जोर दिया। उन्होंने निर्देश दिए कि शिकायतों का गुणवत्तापूर्ण और संतोषजनक समाधान निर्धारित समय सीमा में सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने स्पष्ट किया कि शिकायतों के निस्तारण में किसी भी प्रकार की लापरवाही स्वीकार्य नहीं होगी। इसके अलावा, उन्होंने सामाजिक सुरक्षा पेंशन योजनाओं की समीक्षा की। अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि पात्रता की सभी शर्तें पूरी करने वाले किसी भी व्यक्ति को इन योजनाओं के लाभ से वंचित न रखा जाए। पात्र लाभार्थियों का समयबद्ध सत्यापन कर उन्हें शीघ्र योजनाओं से जोड़ा जाए, ताकि सरकारी योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंच सके। निरीक्षण के समापन पर, सीडीओ गुलाब चंद्र ने अधिकारियों को विकासखंड स्तर पर संचालित सभी योजनाओं का पारदर्शी, समयबद्ध और गुणवत्तापूर्ण क्रियान्वयन सुनिश्चित करने की जिम्मेदारी याद दिलाई। उन्होंने चेतावनी दी कि योजनाओं के संचालन में किसी भी प्रकार की शिथिलता या लापरवाही पाए जाने पर संबंधित अधिकारियों की जवाबदेही तय की जाएगी और नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
गोहाना में 19 जुलाई को 5 घंटे बिजली बंद:जीएसएस के सभी फीडर रहेंगे बंद, रखरखाव कार्य होगा
गोहाना में 19 जुलाई को 5 घंटे बिजली आपूर्ति बाधित रहेगी। विद्युत विभाग 33/11 केवी गोहाना जीएसएस पर आवश्यक रखरखाव कार्य करेगा, जिसके चलते बिजली आपूर्ति नहीं की जाएगी। विभाग से मिली जानकारी के अनुसार यह शटडाउन सुबह 6 बजे से 11 बजे तक रहेगा। इस अवधि में गोहाना जीएसएस से जुड़े सभी 11 केवी फीडरों की विद्युत आपूर्ति प्रभावित होगी। शटडाउन के कारण 11 केवी गोहाना फीडर, सनवा फीडर, सिंगाड़िया फीडर, केएम वूलन फीडर और विश्वकर्मा फीडर से जुड़े क्षेत्रों में बिजली बाधित रहेगी। विद्युत विभाग ने प्रभावित क्षेत्रों के उपभोक्ताओं से सहयोग की अपील की है और उनसे अनुरोध किया है कि वे अपने आवश्यक कार्य पहले ही निपटा लें। विभाग ने बताया कि रखरखाव कार्य पूरा होने के बाद बिजली आपूर्ति सामान्य कर दी जाएगी।
तहसीलदार न्यायालय से फाइल लेकर भागे वादकारी:पेशकार को पेट्रोल से जलाने की धमकी, चार पर FIR दर्ज
गोंडा जिले में तहसीलदार न्यायालय सदर में सरकारी कार्य में बाधा डालने, अदालत की फाइल छीनकर भागने और पेशकार को जान से मारने की धमकी देने का मामला सामने आया है। इस संबंध में दो अधिवक्ताओं और उनके दो सहयोगियों सहित चार लोगों के खिलाफ प्राथमिकी (FIR) दर्ज की गई है। न्यायालय तहसीलदार गोंडा सदर में कार्यरत पेशकार ज्ञानचंद्र (एमजे) ने कोतवाली नगर प्रभारी को लिखित शिकायत दी है। शिकायत के अनुसार, यह घटना 17 जुलाई 2026 को हुई थी, जब ज्ञानचंद्र अपने सरकारी दायित्वों का निर्वहन कर रहे थे। इसी दौरान अधिवक्ता सचिन मिश्रा और अधिवक्ता राजेश तिवारी अपने दो अन्य अज्ञात सहयोगियों के साथ न्यायालय कक्ष में दाखिल हुए। उन्होंने न्यायालय में विचाराधीन एक वाद संख्या T202308300414422 (धारा-34 एल.आर. एक्ट, अजय बनाम राधा, ग्राम-तारी परसोहिया) से जुड़ी एक निर्णित पत्रावली देखने के लिए मांगी। ज्ञानचंद्र ने उन्हें बताया कि उक्त पत्रावली इस समय तहसीलदार सदर के पास सुरक्षित है। तहसीलदार को फोन पर सूचित करने के बाद, पत्रावली उनके आवास से केवल मुआयना (निरीक्षण) करने के लिए वकीलों को दी गई। आरोप है कि पत्रावली हाथ में आते ही दोनों अधिवक्ताओं ने उसमें पारित आदेश को पढ़ा और तुरंत अपने साथ आए वादकारी को सौंपते हुए कहा, पत्रावली लेकर भाग जाओ। जब वादकारी फाइल लेकर भागने लगा और कोर्ट कर्मचारी ज्ञानचंद्र ने उसे वापस लेने के लिए पीछा किया, तो चारों लोग उग्र हो गए। पीड़ित ज्ञानचंद्र का आरोप है कि आरोपियों ने उन्हें सार्वजनिक रूप से जातिसूचक शब्दों का इस्तेमाल कर अपमानित किया और मां-बहन की गालियां दीं। उन्होंने ज्ञानचंद्र को धमकी देते हुए कहा, तुमको और इस न्यायालय गोंडा सदर को पेट्रोल डालकर फूंक देंगे। इसके बाद आरोपी यह कहते हुए पत्रावली लेकर वहां से फरार हो गए कि जो करना हो कर लो, हम पत्रावली वापस नहीं करेंगे। इस घटना के बाद से तहसील परिसर में हड़कंप मच गया है। पीड़ित कर्मचारी ज्ञानचंद्र ने कोतवाली नगर पुलिस को पत्र सौंपकर न्याय की गुहार लगाई है। नगर कोतवाल बिंदेश्वरी मणि त्रिपाठी ने बताया कि आज देर शाम तहरीर मिली है मुकदमा दर्ज करके पूरे मामले की जांच नगर कोतवाली पुलिस द्वारा शुरू कर दी गई है सदर तहसीलदार के पेशकार ने दो वकील समेत चार लोगों पर मुकदमा दर्ज करवाया है।
दौसा की पॉक्सो कोर्ट ने नाबालिक बेटी के यौन शोषण मामले में दोषी पिता को पांच साल की कठोर सजा और 13 हजार रुपये के जुर्माने से दण्डित किया है। घटनाक्रम अप्रैल 2024 का है। पीड़िता की दादी ने रिपोर्ट दर्ज कराई थी। रिपोर्ट में उसने बताया था- मेरा बेटा आदतन शराबी है। उसमें अपनी ही 14 साल की नाबालिग बेटी का यौन शोषण किया है। पुलिस में पॉक्सो एक्ट समेत अलग-अलग धाराओं में मामला दर्ज कर जांच शुरू की। इसके बाद आरोपी के खिलाफ कोर्ट में चालान पेश किया। मामले में अभियोजन पक्ष की ओर से पैरवी करते हुए विशिष्ठ लोक अभियोजक जितेन्द्र सैनी ने 6 गवाह और 27 दस्तावेज पेश किए। इसके बाद पॉक्सो कोर्ट की न्यायधीश रेखा राठौड़ ने आरोपी को दोषी करार दिया। कोर्ट ने पिता की ओर से अपनी ही बेटी के साथ की गई छेड़छाड़ और मारपीट के मामले को गंभीर माना और दोषी को सजा सुनाई।
प्रयागराज के इलाहाबाद संग्रहालय में शनिवार को संगम आर्काइव फोटोग्राफी प्रदर्शनी का उद्घाटन हुआ। जिसमें शहर की विविधता और बदलते स्वरूप को कलात्मक और दस्तावेजी अंदाज में पेश किया गया। यह प्रदर्शनी संग्रहालय, द प्रयागराज स्टोरीज और इंस्टा इलाहाबाद के सहयोग से आयोजित की गई है। इसमें 21 फोटोग्राफरों की चुनी हुई तस्वीरें शामिल हैं। प्रदर्शनी में चार प्रमुख विषयों पर जोर दिया गया है। जिसमें मुख्य रूप से प्राकृतिक परिदृश्य, स्थापत्य विरासत, सांस्कृतिक जीवन और शहरी बुनियादी ढांचे शामिल हैं। प्रदर्शनी में बाढ़ और सूखे से जुड़ी विसंगतियों से लेकर ऐतिहासिक इमारतों, त्योहारों की रंगीन झलकियों और शहर के बदलते पुल व सड़कों तक के दृश्य प्रस्तुत किए गए हैं। जो प्रयागराज की परंपरा और आधुनिकता दोनों को उजागर करते हैं। उद्घाटन समारोह में फोटोग्राफरों विवेक सिंह, एस.के. यादव, डॉ. एन.के. पांडे, कमल किशोर के साथ संग्रहालय के सहायक क्यूरेटर डॉ. वामन वानखेड़े और डॉ. सुशील ने संयुक्त रूप से फीता काटकर प्रदर्शनी शुरू की। मौके पर आए दर्शकों ने प्रदर्शित काम की विविधता और कलाकारों की दृष्टि की प्रशंसा की। आयोजकों ने बताया कि यह आयोजन इंस्टा इलाहाबाद और द प्रयागराज स्टोरीज की टीम तथा संग्रहालय स्टाफ की मेहनत का नतीजा है। प्रदर्शनी को शहर के लोकल ब्रांड छाया स्मृति’ और हेरिटेज वॉक पहल धारा और धरोहर का विशेष सहयोग मिला है। वहींआयोजन समिति ने बताया कि प्रदर्शनी पब्लिक के लिए 19 जुलाई तक खुली रहेगी और संग्रहालय प्रशासन ने स्थानीय कला प्रेमियों से इसे देखने के लिए आने का आग्रह किया है।
नीमच जिले के बघाना थाना क्षेत्र अंतर्गत ग्राम बिसलवास कला में शनिवार को हनुमान मंदिर घाटी के पास एक वाहन ने बाइक सवार को टक्कर मार दी, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया। घायल को उपचार के लिए जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है। जानकारी के अनुसार, बिसलवास कला निवासी कन्हैयालाल पिता बाग़ीराम (45 वर्ष) शनिवार को अपनी मोटरसाइकिल से कहीं जा रहे थे। इसी दौरान हनुमान मंदिर घाटी के पास सामने से आए एक अज्ञात वाहन ने उनकी बाइक को चपेट में ले लिया। टक्कर इतनी भीषण थी कि कन्हैयालाल सड़क पर दूर जा गिरे। दुर्घटना में कन्हैयालाल के चेहरे, हाथ और पैरों में गंभीर चोटें आई हैं। मौके पर मौजूद राहगीरों और स्थानीय लोगों ने तत्काल एंबुलेंस को सूचना दी। घायल को नीमच जिला अस्पताल पहुंचाया गया, जहां डॉक्टरों की देखरेख में उनका इलाज जारी है। घटना की सूचना मिलते ही बघाना थाना पुलिस की टीम मौके पर पहुंची। पुलिस ने घटनास्थल का मुआयना किया और चश्मदीदों से पूछताछ की। मामले में पुलिस ने अज्ञात वाहन चालक के खिलाफ लापरवाही से वाहन चलाने का मामला दर्ज किया है। पुलिस का कहना है कि क्षेत्र में लगे सीसीटीवी कैमरों और वाहन के हुलिए के आधार पर टक्कर मारकर भागे वाहन की तलाश की जा रही है। पुलिस ने जल्द ही आरोपी चालक को गिरफ्तार करने का आश्वासन दिया है।
मंदिर परिसर में इत्र कारोबारी का शव मिला:इटावा में बेटे ने जताई हत्या की आशंका, पुलिस जांच में जुटी
इटावा शहर के छैराहा स्थित धर्मशाला के पास शिव मंदिर परिसर में शनिवार दो बजे एक इत्र कारोबारी का शव मिलने से सनसनी फैल गई। मृतक की पहचान मैनपुरी के भोगांव थाना क्षेत्र के कुआं बंजारा निवासी मनोज कुमार (45) के रूप में हुई है। वह प्रयागराज से इटावा एक ग्राहक को इत्र की डिलीवरी देने आए थे। परिजनों ने घटना संदिग्ध मानकर पुलिस मामले की जांच में जुटी है। मनोज कुमार शुक्रवार रात शहर कोतवाली क्षेत्र की पुराना शहर चौकी के पास स्थित बद्री प्रसाद धर्मशाला में ठहरे थे। शनिवार दोपहर स्थानीय लोगों ने धर्मशाला के बगल में स्थित शिव मंदिर परिसर में उनका शव पड़ा देखा। सूचना पर शहर कोतवाली पुलिस मौके पर पहुंची, घटनास्थल का निरीक्षण किया और शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। मृतक के बड़े बेटे अभिषेक ने आरोप लगाया कि धर्मशाला की छत चारों ओर से बाउंड्रीवाल से घिरी हुई है, इसलिए अनजाने में गिरने की संभावना बेहद कम है। उनका कहना है कि पिता का किसी से विवाद हुआ होगा और उन्हें छत से नीचे फेंका गया है। उन्होंने मामले की निष्पक्ष जांच कर कार्रवाई की मांग की है। सूचना मिलने पर मृतक के छोटे भाई भगीरथ, चाचा कलेक्टर सिंह समेत अन्य परिजन इटावा पहुंचे। परिवार का रो-रोकर बुरा हाल है। मनोज कुमार अपने पीछे पत्नी संगम देवी, तीन बेटे और दो बेटियों को छोड़ गए हैं। शहर कोतवाली के प्रभारी निरीक्षक यशवंत सिंह ने बताया कि मनोज शुक्रवार शाम धर्मशाला में ठहरे थे। धर्मशाला के प्रबंधक से पूछताछ की जा रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच के आधार पर ही मौत के वास्तविक कारणों का पता चल सकेगा।
फरीदाबाद के सेक्टर-15/12 डिवाइडिंग स्थित रेड लाइट पर शनिवार सुबह एक हादसा हो गया। यह पूरी घटना सुबह करीब 6:06 बजे हुई। हादसे का लाइव वीडियो सामने आने के बाद यह घटना चर्चा का विषय बन गई है। वीडियो में साफ देखा जा सकता है कि रेड लाइट जल रही है। इसी दौरान एक तेज रफ्तार ब्लैक स्कॉर्पियो रेड लाइट की परवाह किए बिना आगे बढ़ती है और दूसरी तरफ से गुजर रही किया कीया सेल्टोस कार को जोरदार टक्कर मार देती है। रेड सिग्नल के बावजूद ड्राइवर ने नहीं रोकी गाड़ी जानकारी के अनुसार,सेक्टर-12 खेल परिसर की तरफ से एक कीया सेल्टोस कार सेक्टर-15/12 डिवाइडिंग की ओर आ रही थी। वहीं सेक्टर-15 की तरफ से तेज गति में एक ब्लैक स्कॉर्पियो पहुंची। स्कॉर्पियो चालक ने रेड लाइट होने के बावजूद वाहन नहीं रोका और सीधे चौराहे को पार करने की कोशिश की। इसी दौरान दूसरी तरफ से गुजर रही किया सेल्टोस कार उसकी चपेट में आ गई। टक्कर इतनी जोरदार थी कि दोनों गाड़ियां नियंत्रण खो बैठीं और सेक्टर-15 के दूसरे गेट के पास, जहां से कैबिनेट मंत्री विपुल गोयल के आवास की ओर जाने का रास्ता है, रेड लाइट पर पहले से खड़ी एक बलेनो कार से जा टकराईं। इस हादसे में स्कॉर्पियो का ड्राइवर साइड पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया, जबकि किया सेल्टोस का कंडक्टर साइड बुरी तरह टूट गया। वहीं बलेनो कार का ड्राइवर साइड भी क्षतिग्रस्त हो गया। तीनों पक्षों ने आपसी सहमति से सुलझाया मामला हादसे के बाद मौके पर लोगों की भीड़ जमा हो गई। सूचना मिलते ही सेक्टर-15 चौकी पुलिस मौके पर पहुंची और तीनों वाहन चालकों से घटना की जानकारी ली। पुलिस ने मौके का निरीक्षण करने के बाद सभी पक्षों को चौकी ले जाकर पूरे मामले की जानकारी जुटाई। सेक्टर-15 चौकी प्रभारी ओमप्रकाश ने बताया कि इस दुर्घटना में किसी भी व्यक्ति को चोट नहीं आई, जो राहत की बात रही। उन्होंने बताया कि तीनों पक्षों ने आपसी सहमति से मामला सुलझा लिया। जिन वाहनों को नुकसान हुआ था, उनकी भरपाई आपस में करने पर सहमति बनी। इसके बाद सभी पक्षों ने एक-दूसरे से माफी मांगी और किसी भी प्रकार की कानूनी कार्रवाई आगे नहीं बढ़ाने का फैसला किया।
पूर्व सांसद अतुल राय के गाड़ियों की तलाशी:गाजीपुर में एक घंटे तक चली पुलिस की जांच, कुछ नहीं मिला
गाजीपुर में घोसी के पूर्व सांसद अतुल राय के छह वाहनों के काफिले की शनिवार शाम करीब 6 बजे सघन तलाशी ली गई। नोनहरा थाना क्षेत्र के कठवामोड़ पर पुलिस ने लगभग एक घंटे तक यह जांच की। दिल्ली से अपने पैतृक गांव वीरपुर जा रहे अतुल राय के गाजीपुर सीमा में प्रवेश की सूचना मिलने के बाद पुलिस सतर्क हो गई थी। तलाशी के दौरान काफिले से कोई आपत्तिजनक या गैरकानूनी वस्तु बरामद नहीं हुई।पुलिस ने कठवामोड़ पहुंचते ही काफिले को चारों ओर से घेर लिया और जांच शुरू की। मौके पर एसपी सिटी राकेश मिश्रा और यातायात निरीक्षक बालेंद्र यादव सहित करीमुद्दीनपुर, भांवरकोल, नोनहरा और मोहम्मदाबाद थानों की पुलिस फोर्स तैनात थी। अधिकारियों की देखरेख में सभी छह वाहनों की गहन तलाशी ली गई।काफिला अचानक रोके जाने पर पूर्व सांसद अतुल राय ने पुलिस अधिकारियों से जांच का कारण पूछा। अधिकारियों ने इसे नियमित जांच अभियान का हिस्सा बताया और कार्रवाई जारी रखी। हालांकि, जांच के विशेष उद्देश्य के बारे में किसी अधिकारी ने कोई आधिकारिक जानकारी नहीं दी। लगभग एक घंटे तक चली इस जांच के कारण कठवामोड़ चौराहे पर वाहनों की लंबी कतार लग गई, जिससे राहगीरों और वाहन चालकों को असुविधा हुई। जांच पूरी होने और किसी भी संदिग्ध सामग्री के न मिलने के बाद पुलिस ने काफिले को आगे बढ़ने की अनुमति दे दी।
जोधपुर में अतिक्रमण हटाने पहुंची नगर निगम की टीम के खिलाफ लोग विरोध में उतर गए। इस दौरान मकानों को तोड़ने पहुंची नगर निगम की टीम को विरोध का सामना करना पड़ा। आक्रोशित लोग पुलिस से उलझ गए। पुलिस ने विवाद बढ़ता देख मौके से भीड़ को खदेड़ दिया। नगर निगम की टीम ने लोगों को 5 दिन में खुद ही अतिक्रमण हटाने की अल्टीमेटम दिया। दरअसल, जब नगर निगम की टीम मकानों को तोड़ने पहुंची, तब कॉलोनी के लोग टीम का विरोध करने लगे। इस दौरान आक्रोशित लोग और निगम अधिकारी आमने-सामने हो गए। मौके पर विवाद बढ़ता देख अधिकारियों ने अतिरिक्त पुलिस जाब्ता बुला लिया। इस दौरान आक्रोशित लोग नारेबाजी करने लगे तो पुलिस ने भीड़ को वहां से हटा दिया। मामला शनिवार को शहर के कबीर नगर का है। करीब 5 घंटे तक स्थानीय लोग और अधिकारियों के बीत लगातार गहमागहमी का माहौल रहा। आखिरकार बाद में नगर निगम की ओर से इन अतिक्रमण को हटाने के लिए पांच दिन का समय दिया गया। स्थानीय लोग टीम और पुलिस से उलझे लोगों का कहना था कि कबीर नगर में उनका कई सालों से कब्जा है। वे लंबे समय से यहां रह रहे है। कुछ दिनों पहले वे निगम के अधिकारियों से मिल समय मांगा था। लेकिन, अब वे अचानक यहां कार्रवाई करने पहुंचे। इसे लेकर स्थानीय लोग निगम के अधिकारी और पुलिस से उलझ गए। इस दौरान सड़क रोक नारेबाजी करने लगे। इस पर पुलिस ने समझाइश के उन्हें वहां से हटाया। तीन प्लाट को लेकर था विवाद, एक ने गलत जमीन पर किया कब्जा नगर निगम के सीएफओ जलज घासिया ने बताया कि कबीर नगर में तीन प्लाटों को लेकर विवाद था। इसके बाद निर्णय लिया गया कि इन पर अतिक्रमण को हटाया जाएगा। इसके बाद टीम जब मौके पर पहुंची तो लोगों ने समय देने की मांग की। इस पर आयुक्त राहुल जैन से बातचीत की गई। इसके बाद निर्णय लिया गया कि इन्हें पांच दिन का समय दिया जाए। स्थानीय लोगों ने लिखकर दिया है कि वे पांच दिन में अपना कब्जा खुद हटा लेंगे। वहीं एक युवक ने अपने अलॉट प्लाट को छोड़कर उसके पास दूसरे प्लॉट पर मकान बना लिया था। उन्होंने बताया कि कार्रवाई के बाद उसके अधिकार वाला कब्जा दे दिया जाएगा। पांच घंटे तक चली गहमागहमी, पुलिस जाब्ता रहा तैनात इधर, जैसे ही टीम शनिवार को कबीर नगर में जाब्ते के साथ अतिक्रमण करने पहुंची तो स्थानीय लोगों ने इसका विरोध शुरू कर दिया। मामला बढ़ता देख अतिरिक्त पुलिस जाब्ता भी मंगवाया गया। इस दौरान लगातार बातचीत का दौर चलता रहा। परिवारों की ओर से भी पक्ष रखा गया कि उनका कब्जा सही है। इसके अलावा इस कार्रवाई को लेकर कोई नोटिस नहीं दिया गया था। इस पूरे मामले को लेकर काफी गहमागहमी चलती रही। इसके बाद नगर निगम उपायुक्त भी मौके पर पहुंची। इसके बाद जब नगर निगम की टीम घरों को जांचने पहुंची तो वहां मौजूद महिलाओं ने इसका विरोध भी किया। हालांकि, समझाइश के बाद वे माने। शाम करीब 5:30 बजे तक चले इस पूरे घटनाक्रम के बाद 5 दिन की मोहल्लत दी गई है। इसके लिए नगर निगम ने तीन परिवारों से लिखवाकर लिया है कि वे पांच दिन में खुद अपने से कब्जा हटा देंगे।
रेप और ब्लैकमेलिंग का आरोपी गिरफ्तार:पन्ना में वीडियो वायरल करने की धमकी देकर किया शोषण, जेल भेजा
पन्ना जिले की अमानगंज पुलिस ने एक युवती को ब्लैकमेल कर उसके साथ दुष्कर्म करने वाले आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। आरोपी पर पीड़िता का नहाते समय का वीडियो बनाकर उसे इंटरनेट पर वायरल करने की धमकी देने और जबरन शारीरिक संबंध बनाने का आरोप है। पीड़िता ने बीते 17 जुलाई को हिम्मत जुटाकर अमानगंज थाने में मामले की लिखित शिकायत दर्ज कराई थी। घर में अकेला पाकर घुसा था आरोपी पीड़िता ने पुलिस को बताया कि 7 जुलाई 2026 को जब वह अपने घर पर पूरी तरह अकेली थी, तभी गांव का ही रहने वाला आरोपी बहाने से उसके घर में घुस आया। आरोपी ने युवती को डराते हुए कहा कि उसके पास उसका नहाते समय का एक वीडियो है। उसने धमकी दी कि अगर उसने उसकी बात नहीं मानी, तो वह इस वीडियो को इंटरनेट पर डालकर उसे पूरे समाज में बदनाम कर देगा। वीडियो वायरल करने की धमकी देकर किया दुष्कर्म लोक-लाज और बदनामी के इसी डर का फायदा उठाकर आरोपी ने युवती के साथ जबरन दुष्कर्म की वारदात को अंजाम दिया। करतूत के बाद भी आरोपी की नीयत साफ नहीं हुई। वह लगातार पीड़िता को वीडियो वायरल करने और किसी को बताने पर जान से मारने की धमकियां देकर मानसिक और शारीरिक रूप से परेशान करने लगा। तंग आकर पीड़िता ने पुलिस की शरण ली। मामले की संवेदनशीलता और गंभीरता को देखते हुए पुलिस तुरंत एक्शन में आई। पुलिस टीम ने आरोपी को दबोचने के लिए उसके संभावित ठिकानों पर दबिश दी और अपने मुखबिर तंत्र को एक्टिव किया। मस्जिद के पास से धराया आरोपी सटीक इनपुट मिलने के बाद पुलिस ने घेराबंदी कर ग्राम झरकुआं में मस्जिद के पास से आरोपी को पकड़ा। पुलिसिया पूछताछ में आरोपी ने अपना जुर्म कबूल कर लिया।
कानपुर सेंट्रल रेलवे सुरक्षा बल (RPF) ने शनिवार शाम करीब 7.30 बजे स्टेशन परिसर से शाहजहांपुर की 15 वर्षीय लापता छात्रा को सकुशल बरामद कर लिया। छात्रा 14 दिन पहले स्कूल जाने के लिए घर से निकली थी और उसके अपहरण का मुकदमा शाहजहांपुर के कांट थाने में दर्ज था। आवश्यक सत्यापन के बाद शनिवार शाम छात्रा को उसके परिजनों और संबंधित पुलिस के सुपुर्द कर दिया गया। प्लेटफॉर्म नंबर-1 पर अकेली मिली छात्रा कानपुर सेंट्रल आरपीएफ प्रभारी निरीक्षक एस.एन. पाटीदार ने बताया कि शनिवार को स्टेशन पर गश्त के दौरान प्लेटफॉर्म नंबर-1 पर एक 15 वर्षीय किशोरी संदिग्ध अवस्था में अकेली मिली। पूछताछ में उसने अपना पता शाहजहांपुर के कांट थाना क्षेत्र का बताया। उसने बताया कि वह 4 जुलाई की सुबह स्कूल जाने के लिए घर से निकली थी, लेकिन उसके बाद घर नहीं लौटी। शाहजहांपुर में दर्ज था अपहरण का मुकदमा आरपीएफ ने तत्काल किशोरी को सुरक्षा में लेकर महिला स्टाफ की निगरानी में रखा और शाहजहांपुर पुलिस व परिजनों को सूचना दी। जांच में पता चला कि कांट थाने में छात्रा के अपहरण का मामला दर्ज है। शिकायत में उसके पिता ने आरोप लगाया था कि आजमगढ़ निवासी आशीष नामक युवक उनकी बेटी को बहला-फुसलाकर अपने साथ ले गया है। सत्यापन के बाद परिजनों को सौंपा सूचना मिलने पर शाहजहांपुर के कांट थाने की पुलिस और किशोरी का भाई कानपुर सेंट्रल पहुंचे। एफआईआर की प्रति और अन्य आवश्यक दस्तावेजों का सत्यापन करने के बाद आरपीएफ ने शनिवार शाम करीब 7:30 बजे किशोरी को उसके पास मौजूद सामान सहित विधिवत शाहजहांपुर पुलिस और परिजनों के सुपुर्द कर दिया। आगे की जांच करेगी शाहजहांपुर पुलिस आरपीएफ अधिकारियों ने बताया कि छात्रा सकुशल बरामद कर ली गई है। अब मामले में आगे की जांच, पूछताछ और आवश्यक विधिक कार्रवाई शाहजहांपुर के कांट थाना पुलिस द्वारा की जाएगी।
चित्तौड़गढ़ में निकली भगवान जगन्नाथ की रथयात्रा:श्रद्धालुओं ने खींची रथ की रस्सी, ड्रोन से फूल बरसाए
भगवान जगन्नाथ की रथयात्रा शनिवार शाम शहर में पूरे उत्साह और भक्ति के साथ निकाली गई। मीरा मार्केट स्थित इस्कॉन मंदिर से शुरू हुई रथयात्रा में बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल हुए। भगवान जगन्नाथ, बलराम और सुभद्रा के दर्शन के लिए पूरे रास्ते लोगों की भीड़ लगी रही। जैसे-जैसे नंदी घोष रथ आगे बढ़ता गया, श्रद्धालु हाथ जोड़कर भगवान का आशीर्वाद लेते रहे और रथ की रस्सी खींचने के लिए उत्साह दिखाते रहे। शहर के प्रमुख मार्ग घंटों तक भक्ति के माहौल में डूबे रहे। जगह-जगह लोगों ने रथयात्रा का स्वागत किया और पूरा आयोजन किसी धार्मिक उत्सव से ज्यादा एक जनआस्था का पर्व नजर आया। विशेष पूजा के बाद शुरू हुई रथयात्रा, झांकियां बनीं आकर्षण का केंद्र रथयात्रा शुरू होने से पहले मंदिर में भगवान का विशेष श्रृंगार किया गया और छप्पन भोग अर्पित किया गया। महाआरती के बाद भगवान के विग्रहों को श्रद्धालुओं ने अपने हाथों पर उठाकर नंदी घोष रथ में विराजमान कराया। रथयात्रा की शुरुआत बच्चों द्वारा ध्वज लेकर की गई। इसके पीछे भक्ति संगीत के साथ गाड़ियां, इस्कॉन के संस्थापक आचार्य भक्तिवेदांत स्वामी प्रभुपाद का चित्र और भगवान श्रीराम, माता सीता, लक्ष्मण व हनुमानजी की झांकी लोगों के आकर्षण का केंद्र रही। रथ के साथ चल रहे श्रद्धालु संकीर्तन करते हुए नृत्य कर रहे थे, जिससे पूरे रास्ते उत्सव जैसा माहौल बना रहा। फूलों की बारिश, सेवा और श्रद्धा ने बनाया आयोजन खास रथयात्रा मीरा मार्केट, मीरानगर, शास्त्रीनगर चौराहा, कलेक्ट्रेट सर्किल, भारत पेट्रोल पंप, चामटीखेड़ा चौराहा, महाराणा प्रताप सेतु मार्ग, सिटी पेट्रोल पंप, चंद्रलोक टॉकीज और सुभाष चौक होते हुए ऋतुराज वाटिका पहुंची। पूरे रास्ते पर कई सामाजिक संगठनों और श्रद्धालुओं ने पुष्पवर्षा कर रथयात्रा का स्वागत किया। ड्रोन से भी लगातार फूल बरसाए गए, जिससे पूरे रास्ते का नजारा आकर्षक बन गया। गर्मी को देखते हुए जगह-जगह पानी की फुहारें और सुगंधित इत्र का छिड़काव किया गया। कई श्रद्धालु भगवान के छोटे विग्रह सिर पर रखकर यात्रा में शामिल हुए, जबकि कुछ लोग रथ के आगे चलकर रास्ते की सफाई करते नजर आए। युवाओं में भी रथयात्रा को लेकर खास उत्साह दिखा और वे पूरे आयोजन को अपने मोबाइल कैमरों में कैद करते रहे। संतों के सान्निध्य में हुआ समापन रथयात्रा में जयपुर के हरिभक्ति दास, भीलवाड़ा के चैतन्य प्रभु, अहमदाबाद के संजय कृष्ण प्रभु, हनुमानगढ़ के देवहरि प्रभु और चित्तौड़गढ़ इस्कॉन के प्रभारी मधुरमुरली दास मौजूद रहे। कार्यक्रम में प्रमोद पुरोहित, भरत माहेश्वरी, राकेश मंत्री, रवि वीराणी और संजय पुंगलिया सहित कई गणमान्य लोग भी शामिल हुए। ऋतुराज वाटिका में महाआरती और महाप्रसाद वितरण के साथ रथयात्रा का समापन हुआ। पूरे आयोजन के दौरान श्रद्धालुओं का उत्साह देखते ही बन रहा था। शहर में जहां-जहां से रथ गुजरा, वहां लोगों ने रुककर दर्शन किए और आयोजन को सफल बनाने में अपनी भागीदारी निभाई।
झालावाड़ में साइबर अपराधियों के आर्थिक नेटवर्क को ध्वस्त करने और म्यूल बैंक खाता धारकों के खिलाफ कार्रवाई के उद्देश्य से साइबर शील्ड अभियान चलाया जा रहा है। अपराधी विभिन्न खातों में राशि ट्रांसफर करने के लिए तथाकथित म्युल बैंक खातों का उपयोग करते हैं। इस अभियान के तहत, जिले के सभी थाना अधिकारियों को विशेष टीमें गठित कर साइबर अपराधियों और म्यूल बैंक खाताधारकों के खिलाफ कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए हैं। इसी क्रम में साइबर पुलिस थाना झालावाड़ ने सीआई विष्णु सिंह के नेतृत्व में एक विशेष टीम का गठन किया। इस टीम ने तकनीकी विश्लेषण, बैंकिंग रिकॉर्ड, डिजिटल साक्ष्यों और गोपनीय सूचना के आधार पर कार्रवाई करते हुए एक आरोपी को गिरफ्तार किया। यह आरोपी साइबर अपराध में उपयोग किए गए एक म्यूल बैंक खाते का बेचान करने में संलिप्त था। 'साइबर शील्ड' अभियान के दौरान एएसआई कमरूददीन द्वारा म्यूल खातों की जांच की जा रही थी। जांच में सुकेत, जिला कोटा निवासी एनुल हक का एक बैंक खाता पाया गया। तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर यह सामने आया कि एनुल हक के परिचित शरजिल (24) पुत्र शकील, निवासी सलावद रोड, सुकेत, थाना सुकेत, जिला कोटा ग्रामीण ने एनुल हक को धोखे में रखकर इस खाते का संचालन किया। शरजिल इस खाते का उपयोग साइबर अपराधियों के लिए म्यूल बैंक खाते के रूप में कर रहा था। शरजिल साइबर अपराधियों के आर्थिक नेटवर्क का सक्रिय सहयोगी बनकर अवैध आर्थिक लाभ अर्जित कर रहा था। इन तथ्यों के आधार पर आरोपी के खिलाफ प्रकरण दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया गया है। प्रकरण में आगे अनुसंधान जारी है, जिसमें आरोपी से जुड़े अन्य बैंक खातों, मोबाइल नंबरों, डिजिटल उपकरणों और साइबर अपराधियों के नेटवर्क के संबंध में गहन जांच की जा रही है। इस कार्रवाई में हेड कॉन्स्टेबल लोकेन्द्र सिंह, रवि सेन, सुमित, सुखराम और हेमराज शामिल रहे।
बालाघाट के सांदीपनी स्कूल से ग्यारहवीं और बारहवीं कक्षा के सात विद्यार्थियों को तत्काल प्रभाव से निष्कासित कर दिया गया है। उन्हें स्कूल छोड़ने का प्रमाण पत्र (टीसी) थमा दिया गया। यह मामला तब सामने आया जब शनिवार को ग्यारहवीं के एक छात्र के पिता फिरोज खान ने मीडिया को इसकी जानकारी दी। प्राचार्य युवराज राहंगडाले ने इस संबंध में बयान दिया है कि जो छात्र प्रार्थना में शामिल नहीं हो सकता, उसे इस स्कूल में पढ़ने का कोई अधिकार नहीं है। फिरोज खान ने बताया कि उनका बेटा डायबिटिक है और घटना वाले दिन प्रार्थना से पहले वह पेशाब करने गया था। इसी बात पर उसे टीसी जारी कर स्कूल न आने को कहा गया। अभिभावक क्या बोले? फिरोज खान के अनुसार, जब उन्होंने प्राचार्य से इस मामले में बात की, तो उन्होंने कहा, जो बनता है बिगाड़ लो, कलेक्टर से शिकायत कर दो। पिता ने चिंता व्यक्त की कि स्कूल से निकाले जाने के बाद उनका बेटा परेशान है और बीमार पड़ गया है। उन्होंने यह भी कहा कि प्राचार्य बच्चों को मानसिक रूप से परेशान कर रहे हैं, जिससे किसी भी अनहोनी की स्थिति में कौन जिम्मेदार होगा। हालांकि, प्राचार्य ने सभी सात विद्यार्थियों के अभिभावकों को आगामी 22 जुलाई को स्कूल बुलाया है। उन्होंने बच्चों के प्रार्थना में अनुपस्थित रहने के संबंध में अभिभावकों से स्पष्टीकरण मांगा है। इस मामले में जिला शिक्षा अधिकारी (डीईओ) धनश्री जैन से दूरभाष पर संपर्क किया गया। उन्होंने प्राचार्य से चर्चा के बाद जानकारी देने की बात कही, लेकिन उनका कोई जवाब नहीं आया।
प्रतापगढ़ के जनजातीय छात्रावास में पौधारोपण:100 से ज्यादा पौधे लगाए, पर्यावरण संरक्षण का दिया संदेश
प्रतापगढ़ में 'हरित भविष्य की ओर कदम' अभियान के तहत राजकीय जनजातीय आवासीय छात्रावास परिसर में 100 से अधिक औषधीय और छायादार पौधे लगाए गए। यह पौधारोपण राजस्थान राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, जयपुर के निर्देश पर जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, प्रतापगढ़ द्वारा शनिवार को किया गया। पर्यावरण संरक्षण का संकल्प लिया इस कार्यक्रम में न्यायिक अधिकारियों, प्रशासनिक अधिकारियों, वन विभाग, नारकोटिक्स विभाग, महावीर इंटरनेशनल कांठलवीरा केन्द्र, एलएडीसीएस स्टाफ, शिक्षकगण और विद्यार्थियों ने हिस्सा लिया। सभी ने पर्यावरण संरक्षण का संकल्प लिया। पौधारोपण और संरक्षण की बताई जरूरत कार्यक्रम की अध्यक्षता जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की अध्यक्ष और जिला एवं सेशन न्यायाधीश आशा कुमारी ने की। उन्होंने वृक्षों को पर्यावरण संतुलन बनाए रखने का माध्यम बताया और कहा कि ये आने वाली पीढ़ियों के सुरक्षित भविष्य की सबसे बड़ी धरोहर हैं। न्यायाधीश कुमारी ने अधिक पौधारोपण और उनके संरक्षण को समय की सबसे बड़ी आवश्यकता बताया। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के सचिव और अपर जिला एवं सेशन न्यायाधीश सुंदर लाल खारोल ने बढ़ते प्रदूषण, वनों की कटाई और जलवायु परिवर्तन को मानव जीवन के लिए गंभीर चुनौती बताया। उन्होंने कहा कि प्रत्येक नागरिक का दायित्व है कि वह पर्यावरण संरक्षण में सक्रिय भागीदारी निभाए। पेड़ों के महत्व के बारे में बताया मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट दीप्ति स्वामी ने पौधारोपण के सामाजिक, आर्थिक और स्वास्थ्य संबंधी महत्व पर प्रकाश डाला। जेल अधीक्षक सौरभ स्वामी ने ग्लोबल वार्मिंग और जलवायु परिवर्तन के दुष्प्रभावों को कम करने में वृक्षारोपण की भूमिका बताई। सीडीईओ गोपाल जोशी ने जल संरक्षण में वृक्षों की भूमिका पर बात की, जबकि डीएफओ सुरेश अग्रवाल ने मिट्टी संरक्षण और कृषि उत्पादन बढ़ाने में पेड़ों की उपयोगिता समझाई। इस कार्यक्रम के लिए वन विभाग ने विभिन्न प्रजातियों के पौधे उपलब्ध कराए। अंत में, सभी प्रतिभागियों ने लगाए गए पौधों की नियमित देखभाल और संरक्षण का संकल्प लिया।
प्रसूताओं की मौत के बाद 2 नर्सिंगकर्मी APO:CMHO ने जारी किए आदेश; इलाज में लापरवाही बरतने पर सख्ती
बांसवाड़ा जिले में चिकित्सा विभाग ने कार्य में लापरवाही बरतने वाले कर्मचारियों के खिलाफ सख्त रुख अख्तियार कर लिया है। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी (CMHO) डॉ. खुशपाल सिंह राठौड़ ने दो नर्सिंग कर्मियों को APO कर दिया है। विभाग की इस त्वरित और कड़ी कार्रवाई को पिछले दिनों क्षेत्र में हुई प्रसूताओं की मौत के गंभीर मामले से जोड़कर देखा जा रहा है। इन पर गिरी गाज, CMHO ऑफिस रहेगा मुख्यालय CMHO की ओर से जारी आधिकारिक आदेश में गाज गिरने वाले कर्मचारियों में शामिल हैं: आदेश के मुताबिक, APO अवधि के दौरान इन दोनों ही नर्सिंग कर्मियों का मुख्यालय कार्यालय मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी, बांसवाड़ा रहेगा। इन्हें बिना अनुमति मुख्यालय न छोड़ने के निर्देश दिए गए हैं। गांगड़तलाई CHC पर वैकल्पिक व्यवस्था इस अचानक हुई कार्रवाई के बाद गांगड़तलाई सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC) पर चिकित्सा व्यवस्थाएं प्रभावित न हों, इसके लिए विभाग ने मुस्तैदी दिखाई है। रिक्त हुए पदों पर व्यवस्था बनाए रखने के लिए विभाग ने दो अन्य नर्सिंग कर्मियों को गागड़तलाई CHC पर अस्थाई रूप से सेवाएं देने के लिए नियुक्त कर दिया है। चिकित्सा विभाग की इस त्वरित और सख्त कार्रवाई के बाद से जिले के अन्य स्वास्थ्य केंद्रों और नर्सिंग स्टाफ में हड़कंप मचा हुआ है।
सिरसा जिले के डबवाली क्षेत्र के गांव घुकांवाली में नशा तस्कर को पकड़ने गई पुलिस टीम पर आरोपी के परिजनों ने ईंट-पत्थरों और डंडों से हमला कर दिया। हमले में हरियाणा राज्य स्वापक नियंत्रण ब्यूरो (HSNCB) के हेड कांस्टेबल टिंकू घायल हो गए। हालांकि पुलिस ने मुख्य आरोपी केवल उर्फ केली को 7.52 ग्राम हेरोइन सहित गिरफ्तार कर लिया। घटना के बाद पुलिस ने मुख्य आरोपी समेत चार लोगों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट और बीएनएस की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज कर लिया है। सूचना मिलते ही दी गई दबिश पुलिस प्रवक्ता के अनुसार, एचएसएनसीबी यूनिट डबवाली को सूचना मिली थी कि गांव घुकांवाली निवासी केवल उर्फ केली अपने घर के बाहर हेरोइन बेचने की फिराक में खड़ा है। सूचना के आधार पर एचएसएनसीबी की टीम ने थाना ओढ़ा पुलिस के सहयोग से मौके पर दबिश दी। पुलिस को देखकर आरोपी भागने लगा, लेकिन टीम ने उसे काबू कर लिया। परिजनों ने किया हमला, पुलिसकर्मी घायल गिरफ्तारी के दौरान आरोपी ने शोर मचाकर अपने परिजनों को बुला लिया। कुछ ही देर में उसके परिजन ईंट, पत्थर और डंडे लेकर मौके पर पहुंच गए और पुलिस टीम पर हमला कर दिया। हमले के दौरान हेड कांस्टेबल टिंकू के सिर पर ईंट लगने से वह घायल हो गए। उन्हें तुरंत उपचार के लिए ओढ़ा के सरकारी अस्पताल भेजा गया। इस अफरा-तफरी का फायदा उठाकर हमले में शामिल अन्य आरोपी मौके से फरार हो गए। 7.52 ग्राम हेरोइन बरामद पुलिस ने गिरफ्तार आरोपी की तलाशी ली तो उसकी जेब से एक पारदर्शी पन्नी बरामद हुई, जिसमें 7.52 ग्राम हेरोइन मिली। पुलिस के अनुसार आरोपी के खिलाफ पहले भी कई आपराधिक मामले दर्ज हैं, लेकिन इसके बावजूद वह नशा तस्करी में सक्रिय था। बरामद हेरोइन को कब्जे में लेकर आरोपी के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट की धारा 21(बी), 61 और 85 के तहत कार्रवाई की गई है। फरार आरोपियों की तलाश जारी पुलिस ने हमले में शामिल अन्य आरोपियों के खिलाफ सरकारी कार्य में बाधा डालने, पुलिस टीम पर हमला करने और अन्य अपराधों के संबंध में बीएनएस की धारा 115, 121, 132, 221 और 3(5) के तहत भी मामला दर्ज किया है। पुलिस का कहना है कि फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार दबिश दी जा रही है और उन्हें जल्द ही गिरफ्तार कर लिया जाएगा। मामले की जांच जारी है।
मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने कहा- साइबर अपराधियों के खिलाफ केवल गिरफ्तारी तक कार्रवाई सीमित नहीं रहे, बल्कि उनकी संपत्ति और वित्तीय नेटवर्क की भी गहन जांच कर कानूनी कार्रवाई की जाए, ताकि अपराध की आर्थिक कमर तोड़ी जा सके। मुख्यमंत्री ने शनिवार को राजस्थान पुलिस मुख्यालय (PHQ) पहुंचकर साइबर अपराध नियंत्रण व्यवस्था की समीक्षा की। सीएम ने साइबर हेल्पलाइन-1930, ऑनलाइन शिकायत प्रणाली और साइबर अपराधों की रोकथाम के लिए विकसित संचार तंत्र का निरीक्षण किया। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट निर्देश दिए कि प्रदेश में साइबर अपराधियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई सुनिश्चित की जाए और जिन क्षेत्रों में साइबर अपराध के मामले अधिक सामने आ रहे हैं, उन साइबर हॉटस्पॉट्स को जल्द से जल्द समाप्त किया जाए। R4C और साइबर हेल्पलाइन 1930 का किया निरीक्षण पुलिस मुख्यालय पहुंचने से पहले मुख्यमंत्री ने Rajasthan Response and Rescue Coordination Centre (R4C) का निरीक्षण किया। उन्होंने आधुनिक तकनीक आधारित निगरानी और आपातकालीन प्रतिक्रिया प्रणाली की कार्यप्रणाली का अवलोकन किया। इसके बाद PHQ में उन्होंने साइबर हेल्पलाइन-1930 की कार्यप्रणाली, ऑनलाइन शिकायत दर्ज करने की प्रक्रिया और शिकायतों के त्वरित निस्तारण की व्यवस्था की समीक्षा की। मुख्यमंत्री ने हेल्पलाइन पर आए एक परिवादी की शिकायत भी सुनी और समाधान की प्रक्रिया की जानकारी ली। विशेषज्ञों और कंसल्टेंट्स की होगी नियुक्ति समीक्षा बैठक में मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि साइबर अपराधों से प्रभावी तरीके से निपटने के लिए आवश्यकता पड़ने पर विशेषज्ञों और कंसल्टेंट्स की सेवाएं ली जाएं। सीएम ने कहा कि यह व्यवस्था केवल पुलिस मुख्यालय तक सीमित न रहकर जिला स्तर पर भी लागू की जाए, ताकि हर जिले में विशेषज्ञता के आधार पर साइबर अपराधों पर प्रभावी नियंत्रण किया जा सके। 91 प्रतिशत कॉल अटेंड, 98 करोड़ रुपए की राशि होल्ड बैठक के बाद पुलिस महानिदेशक (DGP) राजीव कुमार शर्मा ने बताया कि केंद्रीय गृह मंत्री के निर्देशों के बाद राज्य में साइबर अपराधों के खिलाफ लगातार अभियान चलाया जा रहा है। 1930 हेल्पलाइन की लाइनों की संख्या बढ़ाने के बाद अब 91 प्रतिशत से अधिक कॉल अटेंड की जा रही हैं। साइबर ठगी की शिकायतों में अब तक करीब 98 करोड़ रुपये की राशि होल्ड कराई जा चुकी है। इसके अलावा साइबर अपराध में उपयोग होने वाले मोबाइल फोन और सिम कार्ड लगातार ब्लॉक किए जा रहे हैं तथा खोए हुए मोबाइल फोन नागरिकों को वापस दिलाने की कार्रवाई भी जारी है। दो माह में शुरू होगा राजस्थान का R4 डीजीपी ने बताया कि मुख्यमंत्री की स्वीकृति के बाद I4C की तर्ज पर Rajasthan Cyber Crime Coordination Centre (R4C) की स्थापना का कार्य तेजी से चल रहा है। लक्ष्य है कि अगले दो माह में इसे पूरी तरह क्रियान्वित कर दिया जाए। इसके लिए अलग भवन तैयार किया जा रहा है, जहां R4C के साथ 1930 कॉल सेंटर भी संचालित होगा। 1930 हेल्पलाइन की क्षमता 100 लाइनों तक बढ़ेगी वर्तमान में 1930 हेल्पलाइन 53 लाइनों पर संचालित हो रही है और 90 प्रतिशत से अधिक कॉल रिसीव की जा रही हैं। जल्द ही इसकी क्षमता 60 लाइनों तक बढ़ाई जाएगी और वर्ष के अंत तक इसे 100 लाइनों तक विस्तार दिया जाएगा। इसके लिए कॉल सेंटर ऑपरेटरों को विशेष प्रशिक्षण दिया जा रहा है ताकि साइबर अपराध से जुड़ी शिकायतों पर तुरंत और तकनीकी रूप से सक्षम कार्रवाई की जा सके। राष्ट्रीय पोर्टल के आधार पर होगी कार्रवाई डीजीपी ने बताया कि राष्ट्रीय साइबर अपराध पोर्टल से प्राप्त आंकड़ों के आधार पर जिन क्षेत्रों में साइबर ठगी की घटनाएं अधिक सामने आती हैं, वहां विशेष अभियान चलाया जाएगा। सभी पुलिस अधीक्षकों (SP) और आईजी रेंज को इन क्षेत्रों में अधिक प्रभावी कार्रवाई के निर्देश दिए जाएंगे। लोगों से की सतर्क रहने की अपील डीजीपी राजीव कुमार शर्मा ने नागरिकों से अपील की कि वे 100 या 200 प्रतिशत रिटर्न, शेयर ट्रेडिंग, निवेश, ऑनलाइन जॉब, विदेश भेजने या अन्य आकर्षक ऑफर देने वाले कॉल, व्हाट्सएप मैसेज और लिंक के झांसे में न आएं। किसी भी प्रकार की धनराशि जमा करने या निवेश करने से पहले पूरी तरह सत्यापन करें और संदेह होने पर तुरंत 1930 हेल्पलाइन पर शिकायत दर्ज कराएं। वरिष्ठ अधिकारी रहे मौजूद समीक्षा बैठक में मुख्य सचिव वी. श्रीनिवास, पुलिस महानिदेशक राजीव कुमार शर्मा, अतिरिक्त मुख्य सचिव अखिल अरोड़ा सहित पुलिस मुख्यालय के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे। बैठक के बाद साइबर थानों, जिला पुलिस अधीक्षकों और आईजी रेंज को मुख्यमंत्री के निर्देशों के अनुरूप साइबर अपराधों की रोकथाम के लिए और अधिक प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश जारी किए जाएंगे।
इंदौर नगर निगम रोड बनाने के काम तेजी से हो इसके लिए लगातार कोशिश कर रही है। शनिवार को भमोरी प्लाजा से एरोप्लेन चौराहे तक एमआर-10 व सांवेर रोड इंडस्ट्रीयल एरिया व एमआर-5 सुपर कॉरिडोर से पीएमवाय तक बन रही रोड का काम नगर निगम कमिश्नर क्षितिज सिंघल ने देखा। निगम कमिश्नर ने भमोरी रोज पर पुलिया बनाने का काम शुरू नहीं करने पर एजेंसी को जमकर फटकार लगाई और पुलिस का काम शुरू करने के लिए कहा। साथ ही रोड बनाने का काम भी धीमी गति से चलने पर कंसल्टेंट व रोड बनाने वाली एजेंसी के प्रतिनिधि पर नाराजगी जताई और काम को तेजी से करने को कहा। साथ ही अधिकारियों को निर्देशित किया कि काम की गति नहीं बढ़ाने पर संबंधित एजेंसी पर प्रतिदिन के आधार पर पेनल्टी लगाई जाए। साथ ही लोगों को ट्रैफिक में दिक्कत नहीं आने और ट्रैफिक व्यवस्था प्रभावित नहीं हो इसके लिए रोड डायवर्शन कर एक ओर का ट्रैफिक व्यवस्था रखते हुए रोड बनाने का काम करने के लिए कहा। निगम कमिश्नर के साथ अपर आयुक्त अभय राजनगांवकर, अधीक्षण यंत्री ओपी कुशवाह, योजना प्रभारी नरेश जायसवाल, जोनल अधिकारी सहित अन्य अधिकारी व एजेंसी के प्रतिनिधि मौजूद रहे।
दंत चिकित्सा के क्षेत्र में भारत तेजी से वैश्विक स्तर पर अपनी पहचान बना रहा है। आधुनिक डिजिटल तकनीक, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) और एडवांस्ड इंप्लांट सिस्टम की बदौलत अब मरीजों को विश्वस्तरीय डेंटल इंप्लांट इलाज के लिए विदेश जाने की आवश्यकता नहीं रह गई है। यही संदेश इंडियन सोसाइटी ऑफ ओरल इम्प्लांटोलॉजिस्ट (ISOI) की मिड टर्म कॉन्फ्रेंस एवं प्रथम पीजी कन्वेंशन के दूसरे दिन एक्सपर्टस ने दिया। इंदौर में आयोजित तीन दिवसीय कॉन्फ्रेंस के दूसरे दिन एक्सपर्टस ने बताया कि नई डेंटल तकनीकें अब भारत में लगभग उसी समय उपलब्ध हो जाती हैं, जब वे दुनिया के अन्य विकसित देशों में लॉन्च होती हैं। इसका लाभ मरीजों को बेहतर, सुरक्षित और किफायती इलाज के रूप में मिल रहा है। कॉन्फ्रेंस का औपचारिक उद्घाटन कमिश्नर डॉ. सुदाम खाडे ने किया। इस अवसर पर ISOI के नेशनल प्रेसिडेंट डॉ. शरद शेट्टी और सेक्रेटरी डॉ. रिकीन गोगरी विशेष रूप से उपस्थित रहे। आयोजन में देशभर से 350 से अधिक प्रतिनिधि और 20 से ज्यादा एक्सपर्टस स्पीकर्स शामिल हुए। भारत में बढ़ रही मेडिकल टूरिज्म की संभावनाएं मुख्य अतिथि डॉ. सुदाम खाडे ने कहा कि भारत में दंत चिकित्सा उपचार विकसित देशों की तुलना में काफी किफायती है, जबकि गुणवत्ता अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप है। उन्होंने कहा कि ओरल हेल्थ के प्रति जागरूकता बढ़ने से डेंटल और मेडिकल टूरिज्म को भी नई गति मिलेगी और विदेशी मरीजों का भारत की ओर आकर्षण बढ़ेगा। AI से बढ़ी इंप्लांट की सटीकता ISOI के नेशनल प्रेसिडेंट डॉ. शरद शेट्टी ने बताया कि अब इंप्लांट लगाने से पहले डिजिटल स्कैनिंग और एआई आधारित प्लानिंग की जाती है। कंप्यूटर पर जबड़े का विस्तृत विश्लेषण कर यह तय किया जाता है कि इंप्लांट किस स्थान और कोण पर लगाया जाएगा। इससे इलाज अधिक सटीक होता है, जटिलताओं की संभावना घटती है और मरीजों को बेहतर परिणाम मिलते हैं। 40 वर्षों से डॉक्टरों को नई तकनीकों से जोड़ रही ISOI ऑर्गेनाइजिंग सेक्रेटरी डॉ. गगन जायसवाल ने बताया कि ISOI पिछले चार दशकों से देशभर के दंत चिकित्सकों को नवीनतम तकनीकों और शोध से अवगत करा रही है। ऐसे आयोजनों से युवा डॉक्टरों और पोस्ट ग्रेजुएट विद्यार्थियों को आधुनिक उपचार पद्धतियों को सीखने का अवसर मिलता है। ट्रेजरार डॉ. राजीव श्रीवास्तव ने कहा कि डेंटल इंप्लांट ने दंत चिकित्सा में क्रांतिकारी बदलाव लाया है और यह प्राकृतिक दांतों का प्रभावी विकल्प बनकर उभरा है। यही कारण है कि इस क्षेत्र के प्रति डॉक्टरों और विद्यार्थियों दोनों का रुझान लगातार बढ़ रहा है। स्वस्थ मुस्कान के लिए अच्छी आदतें भी जरूरी ऑर्गेनाइजिंग चेयरमैन डॉ. मनीष वर्मा ने कहा कि आधुनिक उपचार के साथ-साथ सही जीवनशैली और मौखिक स्वच्छता भी उतनी ही महत्वपूर्ण है। दिन में दो बार ब्रश करना, सही ब्रशिंग तकनीक अपनाना, माउथवॉश का उपयोग और तंबाकू से दूरी जैसी आदतें दांतों और मसूड़ों को स्वस्थ बनाए रखने में मदद करती हैं। साइंटिफिक चेयरपर्सन डॉ. शालीन खेत्रपाल और डॉ. दीपक अग्रवाल ने बताया कि कॉन्फ्रेंस में एडवांस्ड इंप्लांट सिस्टम और अत्याधुनिक डेंटल उपकरणों का लाइव डेमोंस्ट्रेशन भी किया जा रहा है, ताकि डॉक्टर नई तकनीकों को व्यावहारिक रूप से समझ सकें।
बड़वानी भारतीय जनता पार्टी पिछड़ा वर्ग मोर्चा की जिला स्तरीय बैठक जिला भाजपा कार्यालय में की गई। इसमें प्रदेश मंत्री और निमाड़ संभाग प्रभारी बलवंत भाटी मुख्य रूप से शामिल हुए। बड़वानी पहुंचने पर जिला पिछड़ा वर्ग मोर्चा अध्यक्ष हरीश मुकाती की अगुवाई में पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने फूल-मालाएं पहनाकर और गुलदस्ते देकर उनका जोरदार स्वागत किया। प्रदेश मंत्री बलवंत भाटी ने कहा कि भाजपा देश की इकलौती ऐसी पार्टी है जो किसी भी छोटे और जमीनी कार्यकर्ता को उसकी मेहनत और काबिलियत के दम पर बड़ा पद और जिम्मेदारी सौंप देती है। उन्होंने कांग्रेस का नाम लिए बिना निशाना साधते हुए कहा कि भाजपा में भाई-भतीजावाद और परिवारवाद के लिए कोई जगह नहीं है, यहां तो कार्यकर्ता ही पार्टी का असली परिवार है। इसी खूबी की वजह से आज भाजपा दुनिया की सबसे बड़ी राजनीतिक पार्टी बनकर उभरी है। भाटी ने कार्यकर्ताओं में जोश भरते हुए कहा कि वे पार्टी के विचारों और सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं को समाज के आखिरी व्यक्ति तक ले जाएं। उन्होंने कहा कि पिछड़ा वर्ग मोर्चा की जिम्मेदारी बूथ स्तर पर पार्टी को मजबूत करने में सबसे खास है। हर बूथ पर सक्रियता बढ़ाने का संकल्प जिला पिछड़ा वर्ग मोर्चा अध्यक्ष हरीश मुकाती ने संगठन से मिले आगे के निर्देशों और कार्यक्रमों का खाका सामने रखा। उन्होंने कहा कि सभी कार्यक्रमों को जमीनी स्तर पर ले जाकर संगठन को और ज्यादा मजबूत बनाया जाएगा। मुकाती ने कार्यकर्ताओं से हर बूथ पर अपनी एक्टिविटी बढ़ाने और पिछड़ा वर्ग के मुद्दों को मजबूती से उठाने की बात कही। इस मौके पर पूर्व सीसीबी उपाध्यक्ष राजेंद्र भावसार और प्रदेश आईटी प्रभारी जीतू यादव ने भी कार्यकर्ताओं से बात की। दोनों नेताओं ने साल 2003 से पहले की बदहाली और आज की भाजपा सरकार के कार्यकाल की तुलना करते हुए सड़क, बिजली, पानी, स्वास्थ्य और शिक्षा में हुए बड़े बदलावों को गिनाया। उन्होंने कार्यकर्ताओं से सोशल मीडिया के जरिए सरकार की इन उपलब्धियों को घर-घर तक पहुंचाने की अपील की।
मैहर में भीम आर्मी भारत एकता मिशन ने प्रसिद्ध शिक्षा सुधारक सोनम वांगचुक के समर्थन में मोर्चा खोल दिया है। शनिवार को शहर के घंटाघर चौराहे पर कार्यकर्ताओं ने जोरदार धरना-प्रदर्शन किया। इस दौरान भीम आर्मी ने देश की शिक्षा व्यवस्था में सुधार की वकालत करते हुए केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग बुलंद की। साथ ही विभिन्न सरकारी भर्ती परीक्षाओं में लगातार हो रहे पेपर लीक और घोटालों को लेकर कड़ा विरोध दर्ज कराया। कार्यकर्ताओं ने आरोप लगाया कि पेपर लीक और भर्ती परीक्षाओं में हो रही धांधलियों की वजह से देश के करोड़ों युवाओं का भविष्य अधर में लटक गया है। उन्होंने मांग की कि सरकार को शिक्षा प्रणाली में पारदर्शिता और निष्पक्षता लाने के लिए तुरंत कड़े कदम उठाने चाहिए। परीक्षा घोटालों से युवाओं का टूटा भरोसा, न्यायिक जांच की मांग धरने का नेतृत्व कर रहे भीम आर्मी के जिलाध्यक्ष एडवोकेट विक्रम सूर्यवंशी ने कहा कि परीक्षाओं में हो रही लगातार गड़बड़ियों के चलते युवाओं का सिस्टम से भरोसा पूरी तरह उठ चुका है। उन्होंने चिंता जताते हुए कहा कि इन घोटालों से परेशान होकर कई होनहार छात्र आत्महत्या जैसा खौफनाक कदम उठाने को मजबूर हुए हैं। प्रदर्शन के बाद भीम आर्मी के कार्यकर्ताओं ने नायब तहसीलदार को राष्ट्रपति के नाम एक ज्ञापन सौंपा। इस ज्ञापन में मांग की गई है कि सुप्रीम कोर्ट खुद इस मामले में संज्ञान (सुओ मोटू) ले और NEET व SSC जैसी बड़ी भर्ती परीक्षाओं में हुई धांधलियों की जांच न्यायिक निगरानी में कराई जाए। सोनम वांगचुक की मांगों पर विचार करने की अपील ज्ञापन के जरिए कार्यकर्ताओं ने पूरी परीक्षा प्रणाली में बड़े सुधार करने, पेपर लीक रोकने के लिए फूलप्रूफ और सुरक्षित व्यवस्था बनाने, भ्रष्ट अधिकारियों पर सख्त कार्रवाई करने और प्रभावित परीक्षाओं को एक तय समय के भीतर दोबारा आयोजित कराने की मांग की है। इसके साथ ही उन्होंने लद्दाख और शिक्षा सुधारों को लेकर आवाज उठा रहे सोनम वांगचुक की मांगों पर भी केंद्र सरकार से गंभीरता से विचार करने की अपील की। यह पूरा धरना-प्रदर्शन शांतिपूर्ण तरीके से खत्म हुआ और प्रशासन ने ज्ञापन को आगे भेजने का भरोसा दिया है।
मध्य रेलवे के मुंबई मंडल में भारी बारिश के बाद हुए भूस्खल के कारण रेल यातायात बुरी तरह प्रभावित हुआ है। इसके चलते हड़पसर-जोधपुर-हड़पसर सुपरफास्ट एक्सप्रेस का संचालन अब 25 जुलाई तक प्रभावित रहेगा। यह ट्रेन गत 10 जुलाई से ही अस्थायी रूप से रद्द चल रही थी, जिसकी अवधि को अब रेलवे प्रशासन ने आगे बढ़ाते हुए 25 जुलाई तक कर दिया है। उत्तर पश्चिम रेलवे के जोधपुर मंडल के वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक (Sr. DCM) हितेश यादव ने बताया- ट्रैक बाधित होने के कारण (ट्रेन संख्या 20495) जोधपुर-हड़पसर सुपरफास्ट एक्सप्रेस की 18 से 24 जुलाई के बीच की सात ट्रिप (फेरे) रद्द की गई हैं। इसी प्रकार, वापसी में (ट्रेन संख्या 20496) हड़पसर-जोधपुर सुपरफास्ट एक्सप्रेस की भी 19 से 25 जुलाई के बीच की सात ट्रिप रद्द रहेंगी। यात्रियों के लिए रेलवे की सलाह ट्रेनों के अचानक रद्द होने से यात्रियों को होने वाली असुविधा को देखते हुए रेलवे ने विशेष अपील जारी की है। प्रशासन ने यात्रियों से अनुरोध किया है कि वे घर से निकलने या अपनी यात्रा शुरू करने से पहले रेलवे के हेल्पलाइन नंबरों या आधिकारिक वेबसाइट/ऐप के जरिए अपनी ट्रेन की वर्तमान स्थिति (लाइव स्टेटस) की जानकारी अवश्य प्राप्त कर लें। श्री भादरिया लाठी स्टेशन पर रुकेगी 'लीलण' और 'बांद्रा' सुपरफास्ट एक्सप्रेस जैसलमेर रूट पर यात्रा करने वाले रेल यात्रियों की सुविधा के लिए उत्तर पश्चिम रेलवे ने एक बड़ा फैसला लिया है। जोधपुर मंडल के 'श्री भादरिया लाठी' स्टेशन पर अब दो प्रमुख सुपरफास्ट ट्रेनों का ठहराव (Halt) शुरू किया जा रहा है। केंद्रीय संस्कृति एवं पर्यटन मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत ने हाल ही में जैसलमेर रेलवे स्टेशन के पुनर्विकास कार्य के लोकार्पण समारोह में स्थानीय लोगों की मांग पर इसकी घोषणा की थी। प्रायोगिक आधार पर आगामी आदेशों तक ठहराव मंजूर जोधपुर के मंडल रेल प्रबंधक (DRM) अनुराग त्रिपाठी ने बताया कि यात्रियों की लंबे समय से चल रही मांग को देखते हुए राईका बाग-जैसलमेर रेलखंड पर स्थित श्री भादरिया लाठी स्टेशन पर दो ट्रेनों के ठहराव को मंजूरी दी गई है। इनमें जैसलमेर-जयपुर-जैसलमेर लीलण सुपरफास्ट एक्सप्रेस (दैनिक) और बांद्रा टर्मिनस-जैसलमेर-बांद्रा टर्मिनस सुपरफास्ट एक्सप्रेस (साप्ताहिक) शामिल हैं। यह ठहराव फिलहाल प्रायोगिक आधार पर आगामी आदेशों तक रहेगा। जानें दोनों ट्रेनों के ठहराव का समय (Time-Table): 1. जैसलमेर-जयपुर-जैसलमेर लीलण एक्सप्रेस (प्रतिदिन): ट्रेन संख्या 12467 (जैसलमेर से जयपुर): 19 जुलाई से इस ट्रेन का श्री भादरिया लाठी स्टेशन पर प्रतिदिन रात्रि 1:14 बजे आगमन और 1:16 बजे प्रस्थान होगा (2 मिनट का ठहराव)। ट्रेन संख्या 12468 (जयपुर से जैसलमेर): यह ट्रेन प्रतिदिन सुबह 4:00 बजे स्टेशन पहुंचेगी और 4:02 बजे जैसलमेर के लिए रवाना होगी। 2. बांद्रा टर्मिनस-जैसलमेर-बांद्रा एक्सप्रेस (साप्ताहिक): ट्रेन संख्या 22931 (बांद्रा टर्मिनस से जैसलमेर): 25 जुलाई से प्रत्येक शनिवार सुबह 8:08 बजे इस स्टेशन पर पहुंचेगी और 8:10 बजे रवाना होगी। ट्रेन संख्या 22932 (जैसलमेर से बांद्रा टर्मिनस): 18 जुलाई से प्रत्येक शनिवार शाम 6:54 बजे इस स्टेशन पर पहुंचेगी और 6:56 बजे प्रस्थान करेगी। शुक्रवार को जैसलमेर रेलवे स्टेशन के नवनिर्मित भवन के लोकार्पण समारोह में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने वर्चुअल माध्यम से देश को संबोधित किया था। इसी भव्य समारोह के दौरान केंद्रीय मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत ने स्थानीय नागरिकों और प्रबुद्धजनों की मांग को तुरंत स्वीकार करते हुए श्री भादरिया लाठी स्टेशन पर इन दोनों सुपरफास्ट ट्रेनों के ठहराव की घोषणा कर क्षेत्रवासियों को बड़ी सौगात दी थी।
एमसीबी जिला पुलिस ने आपदा और आपातकालीन परिस्थितियों से प्रभावी ढंग से निपटने के लिए अधिकारियों और कर्मचारियों को विशेष प्रशिक्षण दिया। पुलिस अधीक्षक रत्ना सिंह के निर्देश पर रक्षित केंद्र और पुलिस ग्राउंड आमाखेरवा में संयुक्त प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया। प्रशिक्षण के पहले चरण में स्वास्थ्य विभाग के डॉ. जयंत यादव और उनकी टीम ने पुलिस जवानों को सीपीआर (कार्डियो पल्मोनरी रिससिटेशन) का व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया। हृदय गति या सांस रुकने जैसी आपात स्थिति में जान बचाने की तकनीकों का प्रदर्शन किया गया, जिसमें पुलिसकर्मियों ने भी अभ्यास किया। स्नेक रेस्क्यू की भी दी गई ट्रेनिंग दूसरे चरण में ऑल इंडिया वाइल्डलाइफ रेस्क्यूवर्स ग्रुप के प्रदेश अध्यक्ष प्रहलाद कुमार पाण्डेय और उनकी टीम ने विषैले एवं विषहीन सर्पों की पहचान, सुरक्षित रेस्क्यू और वन्यजीव संरक्षण की जानकारी दी। टीम ने सर्पों के सुरक्षित रेस्क्यू का लाइव प्रदर्शन भी किया। घबराएं नहीं, विशेषज्ञों को बुलाएं प्रशिक्षकों ने बताया कि सर्प दिखाई देने पर घबराने की बजाय सुरक्षित दूरी बनाए रखें और प्रशिक्षित विशेषज्ञों की मदद लें। एसपी ने बताया प्रशिक्षण का महत्व एसपी रत्ना सिंह ने कहा कि पुलिसकर्मी अक्सर किसी भी दुर्घटना या आपात स्थिति में सबसे पहले मौके पर पहुंचते हैं। ऐसे में सीपीआर और स्नेक रेस्क्यू जैसी जीवनरक्षक तकनीकें आम लोगों की जान बचाने में बेहद उपयोगी साबित होंगी। उन्होंने पुलिस जवानों से प्रशिक्षण का व्यवहारिक उपयोग करते हुए सेवा, सुरक्षा और संवेदनशीलता के साथ कार्य करने का आह्वान किया। कार्यक्रम में सीएसपी दीपिका मिंज, डीएसपी (मुख्यालय) तरशीला टोप्पो, आरआई हेमंत टोप्पो सहित पुलिस विभाग के अधिकारी-कर्मचारी और स्नेक सेवर टीम के सदस्य उपस्थित रहे।
ड्रग्स तस्करी के मामले में गिरफ्तार किए गए पूर्व NSG कमांडो ने पुलिस पूछताछ में कई खुलासे किए हैं। आरोपी ड्यूटी पर रहते हुए भी नशीले पदार्थों की तस्करी करता था। ड्यूटी से छुट्टी लेकर घर आते समय नशे की खेप लेकर आता था। इसके कारण कोई शक नहीं करता था। पुलिस ने आरोपी को शनिवार को कोर्ट में पेश कर 12 दिन की रिमांड पर लिया है। डीसीपी ईस्ट मनीष चौधरी ने बताया-आरोपी रतनसिंह ने कई फर्में भी बना रखी थीं। अंदेशा है कि अवैध तस्करी की कमाई के पैसों को इधर-उधर करने के लिए उसने कंपनियां बना रखी थीं। सूत्रों के मुताबिक आरोपी सोलर से लेकर जल जीवन मिशन में भी पाइप का ठेका ले रखा था। असम राइफल्स में रहने के दौरान हुआ तस्कर से संपर्क डीसीपी ईस्ट मनीष चौधरी ने बताया- आरोपी की ड्यूटी असम राइफल्स में थी। इसके चलते वह नॉर्थ ईस्ट के तस्करों के संपर्क में आ गया। जब ड्यूटी से छुट्टी लेकर घर आता था तो थोड़ी बहुत खेप अपने साथ भी लेकर आ जाता था। ड्रग्स के साथ पकड़ा गया था डीसीपी ने बताया- आरोपी रतनसिंह साल 2008 में असम राइफल्स में भर्ती हुआ था। इसके बाद साल 2017 में एनएसजी में चला गया। 2021 में नागालैंड में ब्राउन शुगर पकड़े जाने के मामले में पुलिस ने गिरफ्तार किया था। इसके बाद उसे एनएसजी ने निकाल दिया था। खास बात यह कि आरोपी 40 दिन तक जेल में रहा। जेल से बाहर आते ही फिर से मादक पदार्थ तस्करी शुरू कर दी थी। मादक पदार्थ की खेप आरोपी मणिपुर की तरफ से ही लेकर आता था। पूछताछ में आरोपी ने बताया- आमतौर पर नशीले पदार्थ की खेप ट्रेन के जरिए लेकर आता था। यहां लाने के बाद उसे लोकल नेटवर्क के जरिए सप्लाई कर देता था। एजेंसियां पूछताछ में जुटी इधर, आरोपी के पास से 1 करोड़ 60 लाख 50 हजार रुपए कैश मिलने के चलते इनकम टैक्स और अन्य एजेंसियों भी अब उससे पूछताछ करेगी। लग्जरी बना रखा था मकान जोधपुर पुलिस ने 16 जुलाई को देर रात बनाड़ स्थित पूर्व NSG कमांडो के घर पर कार्रवाई की थी। कार्रवाई में सामने आया कि आरोपी लग्जरी लाइफ जी रहा था। बंगले में कई आलीशान निर्माण भी करवाए हुए थे। लेकिन मकान बाहर से साधारण नजर आता है। छापेमारी के दौरान आरोपी के घर से 1 करोड़ 60 लाख 50 हजार रुपए की नकदी और 8 किलो अफीम का दूध भी बरामद हुआ था। …. ये भी पढ़ें… पूर्व NSG कमांडो के घर से 1.06 करोड़ कैश मिला:जोधपुर में 6 करोड़ का मकान बना रखा; छापे में 8 किलो अफीम का दूध भी बरामद जोधपुर पुलिस ने NSG में कमांडो रहे रतनसिंह को ड्रग तस्करी के मामले में गिरफ्तार किया है। बनाड़ थाना पुलिस टीम ने गुरुवार देर रात पूर्व NSG कमांडो के घर पर छापा मारा। पुलिस को देख रतनसिंह ने भागने की कोशिश की, लेकिन टीम ने घेराबंदी कर उसे दबोच लिया। (पूरी खबर पढ़ें)
भिंड जिले में अवैध रेत कारोबार के खिलाफ जिला प्रशासन ने शनिवार को कार्रवाई की। अमायन थाना क्षेत्र के बछरेटा गांव में राजस्व और पुलिस विभाग की संयुक्त टीम ने छापेमार कार्रवाई करते हुए अवैध रेत का परिवहन कर रही छह ओवरलोड ट्रैक्टर-ट्रॉलियों और एक लोडर मशीन को जब्त कर लिया। मौके से करीब 345 घनमीटर अवैध रेत भी बरामद की गई। कार्रवाई के बाद पुलिस ने एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। जिला प्रशासन के निर्देश पर चलाए गए इस विशेष अभियान में राजस्व और पुलिस की टीम ने बछरेटा गांव में दबिश दी। जांच के दौरान छह ट्रैक्टर-ट्रॉलियां अवैध रूप से रेत का परिवहन करती मिलीं। रेत भरने में उपयोग किया जा रहा एक लोडर भी मौके से जब्त किया गया। सभी जब्त वाहन और मशीन को वैधानिक कार्रवाई के लिए अमायन थाना परिसर में सुरक्षित रखा गया है। संयुक्त टीम ने अवैध रूप से भंडारित करीब 345 घनमीटर रेत भी जब्त की। मौके पर पंचनामा तैयार कर जब्त रेत को ग्राम खेरिया सिंध निवासी रामवीर सिंह की सुपुर्दगी में सुरक्षित रखा गया। कार्रवाई के दौरान एसडीएम मेहगांव, एसडीओपी मेहगांव, तहसीलदार मेहगांव, अमायन थाना प्रभारी सहित राजस्व और पुलिस विभाग के अधिकारी-कर्मचारी बड़ी संख्या में मौजूद रहे। पुलिस ने मामले में एफआईआर दर्ज कर अग्रिम वैधानिक कार्रवाई शुरू कर दी है। जिला प्रशासन ने साफ किया है कि जिले में अवैध खनन, भंडारण और परिवहन के खिलाफ अभियान लगातार जारी रहेगा। प्रशासन ने कहा कि रेत माफिया के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाई गई है और प्राकृतिक संसाधनों की लूट करने वालों पर भविष्य में भी इसी तरह सख्त कार्रवाई की जाएगी।
उमरिया में शनिवार को बांधवगढ़ टाइगर रिजर्व के मानपुर परिक्षेत्र में स्थित रेंजर के शासकीय बंगले से चंदन का पेड़ चोरी हो गया। इस घटना के बाद टाइगर रिजर्व प्रबंधन में हड़कंप मच गया है। मामले की जांच शुरू कर दी गई है और पुलिस में एफआईआर दर्ज कराने के लिए पत्र भेजा गया है। जानकारी के अनुसार, मानपुर परिक्षेत्र अधिकारी मुकेश अहिरवार के स्थानांतरण के बाद उनका शासकीय आवास खाली पड़ा था। परिसर में चंदन, सागौन सहित कई मूल्यवान पेड़ लगे हुए थे। आरोप है कि चोरों ने पहले सागौन का पेड़ काटा और उसके बाद चंदन का पेड़ भी काटकर ले गए। घटना की सूचना मिलने पर वन विभाग के अधिकारियों ने मौके का निरीक्षण किया और जांच शुरू की। सहायक संचालक मानपुर, नितिन निगम ने पुलिस को पत्र लिखकर अज्ञात आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज करने की मांग की है। सहायक संचालक नितिन निगम ने बताया कि चंदन का पेड़ चोरी होने की सूचना के बाद पुलिस को एफआईआर दर्ज करने के लिए पत्र भेज दिया गया है। मामले की जांच की जा रही है और चोरी में शामिल आरोपियों की तलाश जारी है। वन विभाग ने कहा कि जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
फरीदाबाद के गांव नीमका स्थित जिला जेल में बंद एक विचाराधीन बंदी की मौत हो गई। मृतक की पहचान अमृतसर निवासी जॉयपाल के रूप में हुई है। वह धोखाधड़ी के एक मामले में मार्च 2026 से जिला जेल में बंद था। जानकारी के अनुसार, जॉयपाल लंबे समय से मधुमेह (डायबिटीज) की बीमारी से पीड़ित था। शुक्रवार सुबह अचानक उसकी तबीयत खराब हो गई। जेल प्रशासन ने तुरंत उसे जिला जेल के अस्पताल में ले जाकर प्राथमिक उपचार कराया। जब उसकी हालत में कोई सुधार नहीं हुआ तो उसे बेहतर इलाज के लिए फरीदाबाद के बीके अस्पताल रेफर कर दिया गया। बीके अस्पताल में डॉक्टरों की निगरानी में उसका इलाज शुरू किया गया। इसी दौरान जॉयपाल को खून की उल्टी हुई और उसकी हालत लगातार बिगड़ती चली गई। डॉक्टरों ने उसे बचाने का प्रयास किया, लेकिन इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। मजिस्ट्रेट की निगरानी में हुआ पोस्टमार्टम घटना की सूचना मिलते ही थाना सदर पुलिस मौके पर पहुंची और मामले की जांच शुरू कर दी। पुलिस ने कानूनी प्रक्रिया के तहत आवश्यक कार्रवाई की। पुलिस प्रवक्ता यशपाल ने बताया कि, जेल में बंद विचाराधीन बंदी की मौत के मामले में नियमों के अनुसार मजिस्ट्रेट की मौजूदगी में पोस्टमार्टम कराया गया। पोस्टमार्टम के बाद शव उसके परिजनों को सौंप दिया गया। फिलहाल पुलिस मामले में सभी कानूनी औपचारिकताएं पूरी कर रही है। मौत के सही कारण का पता पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही चल सकेगा।
ट्रांसपोर्टर से बना तस्कर, एक साल बाद गिरफ्तार:घर आने की सूचना पर ANTF ने पकड़ा; 10 हजार का इनाम था
मध्यप्रदेश के नीमच जिले में NDPS एक्ट के मामले में पिछले एक साल से फरार चल रहे 10 हजार रुपए के इनामी आरोपी को एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स ने चित्तौड़गढ़ से गिरफ्तार कर लिया। आरोपी की पहचान गंगरार थाना क्षेत्र के सुवाणिया गांव निवासी किशनलाल (27) पुत्र भगवानालाल गाडरी के रूप में हुई। पुलिस को सूचना मिली थी कि फरार आरोपी अपने घर आया हुआ है। इसके बाद एएनटीएफ ने पहले उसकी मौजूदगी की पुष्टि की और फिर उसके घर पर घेराबंदी कर उसे पकड़ लिया। आरोपी लंबे समय से पुलिस की गिरफ्त से बाहर था। उसकी तलाश मध्यप्रदेश पुलिस लगातार कर रही थी। गिरफ्तारी के बाद अब उससे पूछताछ की जा रही है। पुलिस का मानना है कि पूछताछ में डोडा-पोस्त की तस्करी से जुड़े कई अहम खुलासे हो सकते हैं। उसके साथ काम करने वाले अन्य लोगों तक भी पहुंचा जा सकता है। नीमच पुलिस ने घोषित कर रखा था इनाम महानिरीक्षक पुलिस विकास कुमार ने बताया- किशनलाल के खिलाफ मध्यप्रदेश के नीमच जिले में एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज है। कार्रवाई के दौरान वह फरार हो गया था और करीब एक साल तक पुलिस के हाथ नहीं लगा। लगातार फरार रहने के कारण नीमच पुलिस अधीक्षक ने उस पर 10 हजार रुपए का इनाम घोषित किया था। एएनटीएफ को हाल ही में सूचना मिली कि आरोपी अपने गांव स्थित घर आया है। टीम ने सूचना की पुष्टि करने के बाद उसके घर और आसपास निगरानी रखी। सही समय मिलने पर पुलिस ने दबिश देकर उसे गिरफ्तार कर लिया। आरोपी को पकड़ने के दौरान उसे भागने का कोई मौका नहीं मिला। ट्रांसपोर्ट के काम से शुरू हुआ अपराध का सफर पुलिस जांच के अनुसार- किशनलाल पहले चित्तौड़गढ़ के चंदेरिया क्षेत्र में ट्रांसपोर्ट का काम करता था। वह माल लेकर जाने वाले ट्रकों को गुजरात भेजता था। आरोप है कि वहां कुछ दलालों के साथ मिलकर ट्रकों को कटवा देता था और बाद में ट्रक मालिकों को यह कहता था कि ट्रक चोरी हो गया है। शुरुआत में किसी को उस पर शक नहीं हुआ, लेकिन जब कई ट्रकों के साथ एक जैसी घटनाएं होने लगीं तो ट्रक मालिकों ने अपने स्तर पर जानकारी जुटाई। इसके बाद पूरे मामले का खुलासा हुआ और अलग-अलग ट्रक मालिकों ने उसके खिलाफ ट्रकों की हेराफेरी और खुर्द-बुर्द करने के करीब आठ मामले दर्ज कराए। इन मामलों में कार्रवाई के बाद उसे जेल जाना पड़ा। जेल से बाहर आते ही तस्करी में उतर गया पुलिस के मुताबिक किशनलाल के अपराध की दिशा जेल जाने के बाद बदल गई। जेल में उसकी पहचान ऐसे लोगों से हुई जो लंबे समय से अवैध मादक पदार्थों की तस्करी में शामिल थे। जमानत पर बाहर आने के बाद उसने ट्रांसपोर्ट का पुराना काम छोड़ दिया और डोडा-पोस्त की तस्करी शुरू कर दी। पहले उसने दूसरे तस्करों के साथ मिलकर काम किया और फिर धीरे-धीरे अपना अलग नेटवर्क तैयार कर लिया। पुलिस का कहना है कि उसने राजस्थान, मध्यप्रदेश और अन्य राज्यों के तस्करों से संपर्क बढ़ाए और अवैध मादक पदार्थों की खरीद, परिवहन और सप्लाई का काम शुरू कर दिया। राजस्थान और मध्यप्रदेश के बीच बनाया सप्लाई नेटवर्क जांच में सामने आया है कि आरोपी मध्यप्रदेश सहित अन्य राज्यों से डोडा-पोस्त की खेप मंगवाकर राजस्थान के अलग-अलग जिलों में सप्लाई करता था। इस पूरे काम में उसके साथ कई अन्य तस्कर भी जुड़े हुए थे, जो माल की ढुलाई और वितरण में मदद करते थे। पुलिस के अनुसार इस अवैध कारोबार से आरोपी ने लाखों रुपए कमाए। इसी दौरान उसके खिलाफ नीमच जिले में एनडीपीएस एक्ट का मामला दर्ज हुआ। पुलिस कार्रवाई तेज होने के बाद वह फरार हो गया और लगातार ठिकाने बदलता रहा। पूरे नेटवर्क तक पहुंचने की कोशिश में पुलिस पुलिस अधिकारियों का कहना है कि किशनलाल की गिरफ्तारी सिर्फ एक फरार आरोपी को पकड़ने तक सीमित नहीं है। अब जांच एजेंसियों का फोकस उसके पूरे नेटवर्क पर है। उससे यह जानकारी जुटाई जा रही है कि वह किन लोगों के संपर्क में था, डोडा-पोस्त की खेप कहां से आती थी, किन रास्तों से राजस्थान पहुंचाई जाती थी और किन जिलों में इसकी सप्लाई होती थी।
मध्यप्रदेश के रतलाम में सर्किल जेल के अंदर बंद एक आरोपी का फिल्मी गाने पर रील बनवाने का मामला सामने आया है। वीडियो में उसने लिखा कि 'गैंगस्टर वाला दिमाग देकर ऊपर वाले ने शरीफ घर में पैदा कर दिया'। आरोपी का नाम बाबर खान है। वीडियो कैदी मुलाकात कक्ष में शुक्रवार का है। शनिवार को ये सामने आया। पुलिस ने गिरफ्तारी के समय दावा किया कि भागने के कोशिश में उसका पैर फ्रैक्चर हो गया था। रील में आरोपी वहीं पैर उठाकर दिखाते नजर आ रहा है। वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद जेल की सुरक्षा व्यवस्था और पुलिस के दावे, दोनों पर सवाल उठ रहे हैं। बाबर खान को स्टेशन रोड थाना पुलिस ने जानलेवा हमले के मामले में 14 जुलाई को गिरफ्तार किया था। कोर्ट में पेश करने के बाद उसी दिन उसे सर्किल जेल भेज दिया गया था। VIDEO में पुलिस के दावे पर सवाल वीडियो में बाबर खान उसी पैर को आसानी से उठाकर दिखाता नजर आ रहा है, जिसे लेकर पुलिस ने गिरफ्तारी के समय फ्रैक्चर होने का दावा किया था। पुलिस का कहना था कि गिरफ्तारी के दौरान भागने की कोशिश में गिरने से उसके पैर में फ्रैक्चर हुआ था और उसे प्लास्टर के साथ कोर्ट में पेश किया गया था। अब वायरल वीडियो सामने आने के बाद पुलिस के पहले किए गए दावे पर सवाल उठ रहे हैं। दूसरी ओर, जेल उपअधीक्षक ब्रजेश मकवाने का कहना है कि जेल में दाखिल होने पर डॉक्टर ने आरोपी का मेडिकल परीक्षण किया था। जांच में पैर में फ्रैक्चर नहीं, बल्कि सामान्य चोट पाई गई थी। ठीक होने पर पट्टी भी हटा दी गई थी। उठा सवाल- मोबाइल अंदर कैसे पहुंचा? जेल में कैदियों से मुलाकात के लिए आने वाले हर व्यक्ति का पंजीयन किया जाता है। आधार कार्ड और पहचान पत्र की जांच के साथ सुरक्षा जांच के बाद ही कैदी मुलाकात कक्ष में प्रवेश दिया जाता है। इसके बावजूद मोबाइल अंदर पहुंचना जेल की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर रहा है। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि 17 जुलाई दोपहर करीब 12:30 बजे बाबर खान से मिलने असलम और आमिर खान नाम के दो लोग आए थे। उन्होंने खुद को आरोपी का भाई बताया था। अब जेल प्रशासन सीसीटीवी फुटेज और मुलाकात रजिस्टर के आधार पर यह पता लगा रहा है कि मोबाइल अंदर कैसे पहुंचा और वीडियो किसने बनाया। एक प्रहरी के भरोसे थी जांच व्यवस्था मुलाकात के समय जांच के लिए केवल एक प्रहरी की ड्यूटी थी, जबकि एक महिला प्रहरी पंजीयन काउंटर पर तैनात थी। जेल प्रशासन के मुताबिक रोजाना 125 से 150 लोग कैदियों से मिलने आते हैं। हैंड मेटल डिटेक्टर से जांच की जाती है, लेकिन मोबाइल अंदर कैसे पहुंचा, यह जांच का विषय है। 10 जनवरी के हमले का आरोपी है बाबर खान बाबर खान पर 10 जनवरी की रात शनि गली स्थित एक कलाली में शराब पीने के दौरान हुए विवाद में मछली व्यवसायी अंकित कहार पर चाकू से जानलेवा हमला करने का आरोप है। हमले में अंकित गंभीर रूप से घायल हुआ था और उसे अस्पताल में भर्ती कराना पड़ा था। करीब छह महीने बाद पुलिस ने 14 जुलाई को बाबर खान को गिरफ्तार किया था। 380 की क्षमता वाली जेल में 640 कैदी बंद रतलाम सर्किल जेल की क्षमता 380 कैदियों की है, जबकि वर्तमान में यहां 640 कैदी बंद हैं। जेल प्रशासन का कहना है कि स्टाफ, विशेषकर महिला सुरक्षा कर्मियों की कमी के कारण व्यवस्थाओं पर दबाव रहता है। इसके बावजूद सुरक्षा में किसी भी तरह की चूक को गंभीरता से लिया जा रहा है। पुलिस कर रही सीसीटीवी फुटेज की जांच जेल उपअधीक्षक ब्रजेश मकवाने ने बताया कि वायरल वीडियो की जांच की जा रही है। सीसीटीवी खंगाले जा रहे हैं, ताकि पता लगाया जा सके कि मोबाइल अंदर कैसे पहुंचा, वीडियो किसने बनाया और सुरक्षा में कहां चूक हुई। जांच में जो भी दोषी पाया जाएगा, उसके खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
मंदसौर जिले के गुराडिया लालमुहा गांव में खेत की महज 4 फ़ीट मेड़ के पुराने विवाद में 42 वर्षीय व्यक्ति की हत्या कर दी गई। पुलिस ने इस मामले में पिता-पुत्र सहित तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। शनिवार को गिरफ्तार पिता-पुत्र का गांव में जुलूस निकाला गया, जबकि महिला आरोपी का जुलूस नहीं निकाला गया। मृतक की पहचान सुरेश सूर्यवंशी (42) के रूप में हुई है। यह घटना गुरुवार रात की है। सुरेश अपने बड़े पापा के घर गया था, तभी दूसरे बड़े पापा के बेटे कंवरलाल, उसके बेटे अजयपाल और कंवरलाल की पत्नी सुगनबाई ने उसे घर के बाहर बुलाया। आरोप है कि तीनों ने लोहे के फावड़े और बड़े पत्थरों से सुरेश पर हमला कर दिया। सिर और चेहरे पर चोटें आई थींइस हमले में सुरेश के सिर और चेहरे पर गंभीर चोटें आईं। ग्रामीणों की सूचना पर उसे एंबुलेंस से जिला अस्पताल ले जाया गया, जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। मृतक के भाई जुझारलाल ने बताया कि खेत की मेड़ को लेकर दोनों पक्षों के बीच पिछले दो-तीन वर्षों से विवाद चल रहा था। इस विवाद के कारण पहले भी झगड़ा हो चुका था। जुझारलाल का आरोप है कि आरोपियों ने पहले सुरेश के सिर पर फावड़े से वार किया और जमीन पर गिरने के बाद बड़े पत्थरों से हमला किया, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया था। पिता-पुत्र का गांव में जुलूस निकालाभावगढ़ थाना पुलिस ने परिजनों की शिकायत पर मामला दर्ज किया है। पुलिस ने इस मामले में अजयपाल (पिता कंवरलाल), कंवरलाल (पिता मगनीराम) और सुगनबाई (पत्नी कंवरलाल) को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तारी के बाद पुलिस ने आरोपी पिता-पुत्र का गांव में जुलूस निकाला। पुलिस मामले की आगे की जांच कर रही है।

