राजधानी शिमला में दो निजी स्कूलों को ईमेल के जरिए बम से उड़ाने की धमकी मिली, जिससे हड़कंप मच गया।
मुजफ्फरपुर में मजदूरी के पैसे मांगने पर युवक की पीट-पीटकर हत्या, पीएमसीएच में मौत
मुजफ्फरपुर के सिवाईपट्टी में मारपीट में घायल मनोज सहनी की पीएमसीएच में इलाज के दौरान मौत हो गई। वह वार्ड सदस्य के बेटे से मजदूरी के पैसे मांगने गया था, जहां उसे बेरहमी से पीटा गया था।
राजस्थान में अमूल के विस्तार का विरोध और सरस सहकारी दुग्ध व्यवस्था को बचाने की मांग को लेकर अजमेर में किसान महाकुंभ आयोजित किया जाएगा। ‘अमूल भगाओ-सरस बचाओ’ के नारे के साथ 23 अगस्त को सुबह 11 बजे तबीजी स्थित कच्छावा गार्डन, ब्यावर रोड पर ‘सरस सहकार महाकुंभ’ होगा। आयोजकों के अनुसार इसमें प्रदेश के करीब 15 जिलों से 25 हजार से ज्यादा पशुपालक, किसान और दूध उत्पादक शामिल होंगे। इसको लेकर शुक्रवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस आयोजित की गई। प्रेस कॉन्फ्रेंस में अजमेर डेयरी अध्यक्ष रामचंद्र चौधरी ने बताया कि महाकुंभ में पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत, प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा, नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली सहित प्रदेश के विभिन्न जिला दुग्ध संघों के अध्यक्ष और सहकारिता क्षेत्र से जुड़े नेता शामिल होंगे। अमूल के आने से सहकारी ढांचा प्रभावित होगा रामचंद्र चौधरी ने आरोप लगाया कि मल्टी स्टेट को-ऑपरेटिव एक्ट के तहत अमूल को राजस्थान में विस्तार देने की कोशिश की जा रही है। उन्होंने कहा कि राजस्थान में वर्षों से ग्राम दुग्ध समितियों, जिला दुग्ध संघों और फेडरेशन के जरिए सहकारी दुग्ध व्यवस्था संचालित है। इसे कमजोर करने से हजारों दुग्ध समितियों और लाखों पशुपालकों की आजीविका प्रभावित होगी। उन्होंने दावा किया कि प्रदेश में करीब 13 हजार दुग्ध समितियां हैं और इनके माध्यम से हर साल हजारों करोड़ रुपए का दूध खरीदा जाता है। ऐसे में बाहरी ब्रांड को संकलन स्तर तक पहुंच देने से स्थानीय सहकारी व्यवस्था पर सीधा असर पड़ेगा। गुणवत्ता और कीमतों को लेकर भी उठाए सवाल चौधरी ने अमूल के उत्पादों की गुणवत्ता को लेकर भी सवाल उठाए। उन्होंने आरोप लगाया कि अमूल के कुछ उत्पादों में प्रिजर्वेटिव और वनस्पति तेल के इस्तेमाल को लेकर सवाल हैं। उन्होंने उत्पादों की कीमतों में अलग-अलग राज्यों में अंतर होने का भी आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि राजस्थान के उपभोक्ताओं और पशुपालकों के हित में दूध और दुग्ध उत्पादों की खरीद-बिक्री व्यवस्था पारदर्शी होनी चाहिए। साथ ही छोटे पशुपालकों को उनकी उपज का उचित मूल्य मिलना जरूरी है।
टोंक जिला मुख्यालय से करीब 20 किमी दूर सीनियर सेकेंडरी स्कूल इलाहीपुरा में शिक्षकों और स्टाफ की कमी से आक्रोशित छात्र-छात्राओं और उनके अभिभावकों ने विद्यालय के मुख्य गेट पर ताला जड़ दिया। जिससे एक घंटे तक चले इस विरोध-प्रदर्शन के दौरान आक्रोशित लोगाें ने स्कूल प्रशासन और शिक्षा विभाग के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। इसकी जानकारी शिक्षा विभाग के अधिकारियों को लगने पर तुरंत दो थर्ड ग्रेड के टीचरों को व्यवस्थार्थ लगाए है। उसके बाद ग्रामीणों और स्टूडेंट्स ने प्रदर्शन खत्म किया। बाद में बच्चे स्कूल के अंदर जाकर पढ़ाई की। 150 बच्चों पर महज 6 टीचर और 1 पीटीआई प्रदर्शनकारी अभिभावकों का कहना है कि यह सीनियर सेकेंडरी स्कूल है। जहां करीब 150 स्टूडेंट्स है। इसके बावजूद पूरे स्कूल में सिर्फ 6 शिक्षक और 1 पीटीआई लगे हुए है। शिक्षक न होने के कारण बच्चों की पढ़ाई पूरी तरह ठप हो चुकी है। कई महत्वपूर्ण विषयों के शिक्षक न होने से बोर्ड परीक्षा की तैयारी कर रहे छात्रों का भविष्य अधर में लटका हुआ है। ताजुब की बात तो यह है कि 5 साल पहले यह स्कूल सीनियर सेकेंडरी स्कूल में क्रमोन्नत हुई थी। लेकिन अभी तक भी फर्स्ट ग्रेड के टीचर (स्कूल व्याख्याता) के पद रिक्त नहीं है। इससे सीनियर सेकेंडरी स्तर के बच्चों को पढ़ाई का माहौल नहीं मिल पा है। वहीं यहां के प्रिंसिपल को भी 2-3 दिन पहले जिला साक्षरता अधिकारी बनाकर टोंक में बैठा दिया है। अधिकारियों के आश्वासन के बाद खुला ताला स्कूल पर तालाबंदी की सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस और शिक्षा विभाग के अधिकारी ने लोगों से मोबाइल पर बातचीत की। सीबीईओ के आदेश से पास की देवपुरा की स्कूल से दो टीचरों को तत्काल प्रभाव से इलाहीपुरा की स्कूल में लगाया है। सुबह 8 बजे दोनों थर्ड ग्रेड के शिक्षक आने पर ग्रामीणों ने स्कूल का ताला खोला दिया। स्कूल में टीचर और स्टाफ की स्थिति इस स्कूल में 6 पद सेकंड ग्रेड, चार पद थर्ड ग्रेड, एक पीटीआई, एक पद एलडीसी, एक पद प्रिंसिपल का स्वीकृत है। इनके मुकाबले यहां 6 थर्ड ग्रेड और एक पीटीआई ही हैं। फर्स्ट ग्रेड के तो पद ही स्वीकृत नहीं है।
2027 के यूपी विधानसभा चुनाव को लेकर बीजेपी के केंद्रीय नेतृत्व ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को 'फ्री हैंड' दे दिया है। अब चुनाव में उम्मीदवार चुनने से लेकर पूरी रणनीति बनाने तक की कमान सीधे सीएम योगी के हाथों में होगी। दिल्ली से लेकर लखनऊ के राजनीतिक गलियारों में इस फैसले की चर्चा जोरों पर है। सीएम योगी ने इस दिशा में अपने चुनावी अभियान का आगाज भी कर दिया है। लोकसभा चुनाव के नतीजों से केंद्रीय नेतृत्व ने लिया सबक 2024 के लोकसभा चुनाव से ठीक पहले सीएम योगी ने दिल्ली में केंद्रीय नेतृत्व को एक लिस्ट सौंपी थी। इसमें करीब दो दर्जन से ज्यादा सांसदों के टिकट काटकर नए चेहरों को मौका देने की सलाह दी गई थी। लेकिन आलाकमान ने इस सिफारिश को दरकिनार कर 64 में से 47 सांसदों को दोबारा मैदान में उतार दिया। नतीजा यह रहा कि 47 में से 26 सांसद चुनाव हार गए। बीजेपी नीत गठबंधन यूपी में महज 36 सीटों पर सिमट गया, जिसकी वजह से केंद्र में पार्टी को अपने दम पर पूर्ण बहुमत नहीं मिला। RSS और पार्टी के एक बड़े धड़े ने इस पर गंभीर सवाल उठाए थे। अब उसी गलती से सबक लेते हुए हाईकमान ने विधानसभा चुनाव की पूरी जिम्मेदारी योगी के कंधों पर डाल दी है। यूपी में 2024 के लोकसभा चुनाव में किस पार्टी को कितने सीटें मिलीं- MLC चुनाव से दिखेगा योगी का 'फॉर्मूला' विधान परिषद की शिक्षक-स्नातक क्षेत्र की 11 सीटों के चुनाव की कमान भी सीएम योगी ही संभाल रहे हैं। इनमें से जिन 6 सीटों पर प्रत्याशी घोषित होने हैं, वहां उम्मीदवार तय करने के लिए सीएम ने कड़ा मानदंड रखा है। उन्होंने साफ कर दिया है कि 'जिस दावेदार ने जितने ज्यादा वोटर बनवाए हैं, टिकट उसी का हकदार होगा।' विशेषकर वाराणसी खंड (स्नातक व शिक्षक) और प्रयागराज-झांसी सीट पर सीएम की खास नजर है, जो फिलहाल सपा के पास हैं। पीएम मोदी के संसदीय क्षेत्र में आने वाली इन सीटों को सीएम हर हाल में सपा से वापस छीनना चाहते हैं। अब 'दिल्ली' नहीं, 'लखनऊ' से तय होंगे नाम 2017 के बाद से चाहे 2019 और 2024 का लोकसभा चुनाव हो, 2022 का विधानसभा चुनाव हो या फिर राज्यसभा और मेयर चुनाव, फैसले हमेशा दिल्ली से ही होते थे। लेकिन इस बार तस्वीर अलग है। किसकी होगी मुख्य भूमिका : प्रत्याशी चयन में सीएम योगी, संगठन महामंत्री धर्मपाल सिंह, और RSS के क्षेत्र प्रचारक अनिल कुमार व महेंद्र कुमार की भूमिका सबसे अहम रहेगी। कोर कमेटी से राय-मशविरा : सीएम योगी डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य, ब्रजेश पाठक और प्रदेश अध्यक्ष पंकज चौधरी के साथ मिलकर नाम तय करेंगे। सहयोगी दलों पर फैसला केंद्र करेगा : अपना दल (एस), आरएलडी, निषाद पार्टी और सुभासपा जैसी सहयोगी पार्टियों के साथ सीटों के तालमेल पर अंतिम फैसला केंद्रीय नेतृत्व ही लेगा। बगावत रोकने का 'प्लान-बी': टिकट काटने की जगह बदलेंगे सीटें बीजेपी के शुरुआती आंतरिक सर्वे में पार्टी को 190 से 205 सीटें मिलने का अनुमान जताया गया है। हालिया राजनीतिक माहौल को देखते हुए पार्टी को डर है कि अगर ज्यादा विधायकों के टिकट एकमुश्त काटे गए, तो वे सपा, कांग्रेस या बसपा में शामिल होकर बड़ा नुकसान पहुंचा सकते हैं। इस बगावत को रोकने के लिए बीजेपी ने 'सीट बदलने' की रणनीति बनाई है। जिन विधायकों के खिलाफ माहौल है, लेकिन उनका सियासी नुकसान ज्यादा हो सकता है, उन्हें दूसरी सुरक्षित सीटों पर भेजा जाएगा। वहीं, कमजोर और गैर-प्रभावशाली विधायकों के टिकट काटे जाएंगे। ----------------- ये भी पढ़ें- 'अखिलेश कभी यूपी के मुख्यमंत्री नहीं बनेंगे':केशव बोले- विधायकों के टिकट कटेंगे, लेकिन ये प्रदेश भाजपा तय नहीं करेगी यूपी चुनाव से पहले उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने कहा- 'अखिलेश यादव मुख्यमंत्री थे। 5 साल बहुमत की सरकार थी। तब उन्होंने पिछड़ों-दलितों के लिए क्या किया? सपा का PDA फर्जी है। सपा-कांग्रेस तो जेन-जी विरोधी पार्टियां हैं। पढ़िए केशव प्रसाद मौर्य का पूरा इंटरव्यू…
धौलपुर में नादनपुर थाना पुलिस ने मारपीट के एक मामले में कार्रवाई करते हुए दो वांछित आरोपियों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान बडरिया थाना नादनपुर निवासी रामदास गुर्जर (24) और दिलीप गुर्जर (21) के रूप में हुई है। पुलिस के अनुसार, यह घटना 2 अगस्त को हुई थी। बडरिया गांव निवासी गजराज (50) पर आपसी रंजिश के चलते कुछ लोगों ने अचानक हमला कर मारपीट की थी। इस घटना के बाद पीड़ित के भाई ने नादनपुर थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। रिपोर्ट के आधार पर पुलिस ने मामला दर्ज कर आरोपियों की तलाश शुरू की। वांछित आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए एक विशेष पुलिस टीम का गठन किया गया। इस टीम ने आरोपियों के संभावित ठिकानों पर लगातार दबिश दी, जिसके बाद दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया। थाना पुलिस ने बताया कि गिरफ्तार दोनों आरोपियों से घटना के संबंध में पूछताछ की जा रही है। मामले में विस्तृत अनुसंधान जारी है। यह कार्रवाई नादनपुर थाना प्रभारी उपनिरीक्षक सुरेंद्र कुमार के नेतृत्व में की गई, जिसमें कांस्टेबल राकेश, भूरा सिंह और सियाराम भी शामिल थे। पुलिस का कहना है कि मामले में शामिल अन्य लोगों की भूमिका की भी जांच की जा रही है।
अनूपपुर जिले की ग्राम पंचायत धुरवासिन के खर्रा टोला प्राथमिक स्कूल में 22 बच्चे मूलभूत सुविधाओं के अभाव में पढ़ाई करने को मजबूर हैं। जर्जर भवन, टूटा हुआ मुख्य द्वार, रास्ते का कीचड़ और दूषित पेयजल जैसी समस्याओं के कारण विद्यार्थियों और शिक्षकों को हर दिन परेशानी झेलनी पड़ रही है। कीचड़ से ढका रास्ता, स्कूल के गेट पर जमा लाल पानी बारिश के दौरान सड़क निर्माण एजेंसी की लापरवाही बच्चों पर भारी पड़ रही है। ठेकेदार द्वारा विद्यालय मार्ग की ओर मिट्टी धकेल दिए जाने से पूरा रास्ता कीचड़ में बदल गया है। वहीं स्कूल परिसर में स्थित हैंडपंप से लाल रंग का दूषित पानी निकल रहा है, जिससे बच्चे आसपास के घरों से पीने का पानी लाने को विवश हैं। झाड़ियों के कारण जहरीले जीवों का खतरा स्कूल परिसर के चारों ओर लंबी घास-फूस और झाड़ियां उग आई हैं, जिससे जहरीले जीव-जंतुओं के विचरण का डर बना रहता है। प्रधानाध्यापक राजन कुमार केवट ने बताया कि गेट टूटने, कीचड़ और लाल पानी की सूचना पंचायत और विभागीय इंजीनियर को दी गई थी, लेकिन ठेकेदार या पंचायत की ओर से मुरुम डालने या सफाई का काम नहीं कराया गया। वहीं परिजनों और ग्रामीणों ने प्रशासन से जर्जर भवन की मरम्मत और सुगम रास्ते की मांग की है। संकुल प्रभारी ने दिया निराकरण का आश्वासन मामले में संकुल प्रभारी लतार सीपी तिवारी ने बताया कि स्कूल अतिरिक्त कक्ष में संचालित हो रहा है। उन्होंने कहा कि प्रधानाध्यापक से प्रस्ताव प्राप्त होते ही वरिष्ठ अधिकारियों को भेजा जाएगा और जल्द ही समस्याओं का समाधान कर विद्यार्थियों की असुविधा दूर की जाएगी।
मेरठ में गंगानगर स्थित गार्गी गर्ल्स स्कूल में शुक्रवार से दो दिवसीय अंतर विद्यालयी संगीत महोत्सव ‘मल्हार’ शुरू हुआ। इसमें मेरठ के 25 से ज्यादा स्कूलों के विद्यार्थियों ने संगीत और गायन की प्रस्तुतियां दीं। महोत्सव पिछले 15 वर्षों से विद्यार्थियों को अपनी प्रतिभा दिखाने का मंच दे रहा है। कार्यक्रम का शुभारंभ मां सरस्वती की वंदना, गणेश मंत्रोच्चार और दीप प्रज्वलन से हुआ। इसके बाद विद्यार्थियों ने ‘शिव आराधना’ पर आधारित स्वागत नृत्य प्रस्तुत किया। पहले कार्यक्रम की तीन तस्वीरें देखिए… डीएम डॉ. वीके सिंह मुख्य अतिथि रहे। विद्यालय के मैनेजिंग ट्रस्टी विनीत गर्ग और प्रधानाचार्या डॉ. वाग्मिता त्यागी ने उनका स्वागत किया। निर्णायक मंडल की सदस्य मनिका जौहरी और सम्यक जैन का भी स्वागत किया गया। मेघ मल्हार से रॉक बैंड तक सजे सुर पहले दिन मेघ मल्हार राग, 80-90 के दशक के रॉक बैंड गीत और आशा भोसले-आरडी बर्मन के युगल गीतों पर आधारित प्रतियोगिताएं हुईं। विद्यार्थियों ने गायन और वाद्य संगीत के जरिए अपनी प्रतिभा दिखाई। निर्णायकों ने प्रतिभागियों का मूल्यांकन स्वर-शुद्धता, लय-ताल, भावाभिव्यक्ति, प्रस्तुति शैली, वाद्य-संगीत, रचनात्मकता और मंचीय आत्मविश्वास के आधार पर किया। बेहतर प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को प्रथम, द्वितीय, तृतीय और सांत्वना पुरस्कार दिए गए।
मुरैना के शिवनगर नगर निगम क्षेत्र में शुक्रवार को लक्ष्मी दाल मिल के पीछे किराना स्टोर के पास लगी विद्युत बिजली के ट्रांसफार्मर (डीपी) में अचानक भीषण आग लग गई। डीपी से उठती ऊंची लपटों और निकलती चिंगारियों के कारण आसपास के इलाके में अफरा-तफरी मच गई। तेज आवाज के साथ निकलने लगीं चिंगारियां प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, डीपी में आग लगते ही तेज आवाज के साथ चिंगारियां निकलने लगीं। आग की लपटें काफी ऊंची थीं, जिसके चलते आसपास मौजूद लोग मौके से दूर हो गए। स्थानीय लोगों ने तत्काल बिजली विभाग और संबंधित अधिकारियों को घटना की सूचना दी। पड़ोसी घर तक पहुंची आग डीपी में लगी आग की लपटें हवा के साथ पास स्थित एक घर तक पहुंच गईं। आग घर के बाहर रखे सामान में लग गई, जिससे गृहस्थी का सामान जलकर खराब हो गया। हालांकि घटना में किसी व्यक्ति के हताहत होने की सूचना नहीं है। बिजली विभाग की टीम मौके पर पहुंची सूचना मिलने के बाद बिजली विभाग की टीम मौके पर पहुंची और आग पर काबू पाने की कार्रवाई शुरू की। बिजली एसई सुरेश कुमार ने बताया कि टीम ने मौके पर पहुंचकर स्थिति को नियंत्रित किया है। फिलहाल स्थिति काबू में है और डीपी में आग लगने के कारणों का पता लगाया जा रहा है। फिलहाल आग लगने की वजह स्पष्ट नहीं हो सकी है। विभाग की जांच के बाद ही कारण सामने आएगा।
सीतापुर में झाड़ियों में मिला युवक का शव:किराना की दुकान चलाता था, बस से सामान खरीदने आया था बाजार
सीतापुर के महमूदाबाद कोतवाली इलाके में रेलवे स्टेशन के पास गुरुवार देर रात झाड़ियों में युवक का शव मिलने से इलाके में हड़कंप मच गया। शव एक निजी बार के सामने झाड़ियों में पड़ा मिला। आसपास के लोगों ने शव देख इसकी सूचना कोतवाली पुलिस को दी। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और घटनास्थल का निरीक्षण किया। कोतवाली प्रभारी भानु प्रताप सिंह ने भी मौके पर पहुंचकर घटना की जानकारी ली। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर उसकी शिनाख्त कराने के प्रयास शुरू किए। शुक्रवार सुबह मृतक की पहचान बड्डूपुर निवासी सूरज पुत्र संजय के रूप में हुई। सूरज की उम्र करीब 32 वर्ष बताई जा रही है। पहचान की जानकारी मिलते ही परिजनों में कोहराम मच गया। रोते-बिलखते परिजन कोतवाली महमूदाबाद पहुंचे और घटना की जानकारी ली। परिजनों के अनुसार सूरज किराना स्टोर चलाता था। गुरुवार को वह बस से सामान खरीदने के लिए महमूदाबाद आया था। इसके बाद वह वापस घर नहीं पहुंचा। बताया जाता है कि सूरज की शादी करीब 10 वर्ष पहले हुई थी और उसके दो बच्चे हैं, जिनमें एक बेटा और एक बेटी है। परिजनों के मुताबिक वह कभी-कभी कई दिनों तक घर से बाहर रहता था। आसपास के लोगों ने बताया कि सूरज शराब का सेवन भी करता था। पुलिस ने शव का पंचनामा भरकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। फिलहाल परिजनों की ओर से किसी व्यक्ति के खिलाफ कोई आरोप नहीं लगाया गया है। पुलिस मामले की जांच कर रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही सूरज की मौत के वास्तविक कारणों का पता चल सकेगा। पुलिस आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों और घटनास्थल के आसपास की गतिविधियों की भी जानकारी जुटा रही है।
झालावाड़ साइबर पुलिस थाने को आमजन की शिकायतों के त्वरित समाधान और तकनीकी अनुसंधान को अधिक प्रभावी बनाने के उद्देश्य से नवीन भवन में स्थानांतरित कर दिया गया है। यह थाना अब श्री द्वारकेश विला कॉलोनी, समर्पण हॉस्पिटल के पीछे, खंडिया तालाब के पास स्थित नए भवन से संचालित होगा। इससे पहले साइबर थाना गढ़ परिसर झालावाड़ से संचालित हो रहा था। पुलिस अधीक्षक ने शुक्रवार से शुरू हुए इस नवीन भवन का निरीक्षण किया। इस दौरान अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक भागचंद मीणा, साइबर थाने की पुलिस उपाधीक्षक रश्मि बाई, पुलिस निरीक्षक विष्णु सिंह सहित अन्य पुलिस अधिकारी एवं तकनीकी स्टाफ मौजूद रहा। निरीक्षण के दौरान पुलिस अधीक्षक ने अनुसंधान कक्ष, कंप्यूटर लैब, रिकॉर्ड रूम और आगंतुक कक्ष का जायजा लिया। उन्होंने परिवादियों की समस्याओं का संवेदनशीलता और प्राथमिकता के साथ निस्तारण करने के निर्देश दिए। नवीन भवन में आधुनिक तकनीकी संसाधन, प्रशिक्षित जांच अधिकारी और उन्नत साइबर टूल्स की व्यवस्था की गई है। इससे ऑनलाइन ठगी, फर्जी सोशल मीडिया प्रोफाइल, पहचान की चोरी, डिजिटल धोखाधड़ी और अन्य साइबर अपराधों से जुड़े मामलों की जांच एवं खुलासे में तेजी आने की उम्मीद है। नए भवन में शिकायतकर्ताओं को शिकायत दर्ज कराने और पुलिस अधिकारियों से संपर्क करने में भी सुविधा मिलेगी। साइबर ठगी से बचाव की अपीलपुलिस अधीक्षक ने जिलेवासियों से अपील की कि वे किसी अनजान व्यक्ति के साथ बैंक खाता संबंधी जानकारी, एटीएम पिन, यूपीआई पिन या पासवर्ड साझा नहीं करें। लॉटरी, रिवॉर्ड पॉइंट, केवाईसी अपडेट, बिजली बिल भुगतान और पार्ट-टाइम नौकरी के नाम पर भेजे जाने वाले संदिग्ध संदेशों एवं लिंक से सावधान रहें। उन्होंने बताया कि साइबर वित्तीय धोखाधड़ी होने पर बिना देरी किए राष्ट्रीय साइबर हेल्पलाइन 1930 पर संपर्क करें या cybercrime.gov.in पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराएं, ताकि ठगी गई राशि को फ्रीज कराने के लिए समय पर कार्रवाई की जा सके। पुलिस ने आमजन को यह भी चेताया कि साइबर अपराधी गिरोह लोगों को मामूली रकम का लालच देकर उनके बैंक खाते और सिम कार्ड का इस्तेमाल करते हैं। बाद में इन खातों में साइबर ठगी की रकम आने पर खाताधारक को भी कानूनी कार्रवाई का सामना करना पड़ सकता है। ऐसे में किसी भी व्यक्ति को बहकावे में आकर अपना बैंक खाता, सिम कार्ड या व्यक्तिगत दस्तावेज उपलब्ध नहीं कराने की अपील की गई है। यदि कोई व्यक्ति बैंक खाता या सिम कार्ड मांगता है तो तत्काल नजदीकी पुलिस थाने को सूचना दें।
देवरिया में निर्माण कार्यों का निरीक्षण कर रहे डीएम मधुसूदन हुल्गी शुक्रवार को सोनूघाट चौराहे पर एक बच्चे की खराब हालत देखकर रुक गए। बच्चे के अभिभावक उसे चिकित्सकीय जांच के लिए अस्पताल ले जा रहे थे। डीएम ने अभिभावकों से बच्चे के स्वास्थ्य के बारे में जानकारी ली। अभिभावकों ने बताया कि आठ-नौ वर्षीय बच्चा अक्सर बेहोश हो जाता है और वे उसे चिकित्सकीय जांच के लिए ले जा रहे थे। बच्चे की गंभीर स्थिति जानने के बाद डीएम ने तुरंत मेडिकल कॉलेज के अधिकारियों से फोन पर बात की। उन्होंने मेडिकल कॉलेज के अधिकारियों को बच्चे का समुचित उपचार और आवश्यक जांचें कराने के निर्देश दिए। डीएम ने सीटी स्कैन सहित अन्य जरूरी जांचों की व्यवस्था सुनिश्चित करने को भी कहा। इसके बाद बच्चे को मेडिकल कॉलेज भेजा गया, जहां उसका उपचार शुरू कर दिया गया। डीएम की इस पहल की मौके पर मौजूद लोगों ने सराहना की। उन्होंने कहा कि निर्माण कार्यों के निरीक्षण के दौरान भी जिलाधिकारी ने बच्चे की समस्या को प्राथमिकता देते हुए तत्काल सहायता प्रदान की।
मुजफ्फरपुर के रामपुर हरि में फंदे से लटकता मिला महिला का शव, जांच में जुटी पुलिस
मुजफ्फरपुर के रामपुर हरि थाना क्षेत्र के रूपौली बिशनपुर में एक 36 वर्षीय महिला अमिता देवी का शव फंदे से लटका मिला। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर जांच शुरू कर दी है ताकि मौत के कारणों का पता चल सके।
जबलपुर जिला न्यायालय की प्रथम श्रेणी मजिस्ट्रेट अदालत ने आकाश ट्रैवल्स के संचालक संजय केशवानी के खिलाफ जारी गिरफ्तारी वारंट निरस्त कर दिया है। कोर्ट ने उन्हें 8 नवंबर 2026 को अदालत में पेश होने के निर्देश दिए हैं। संजय केशवानी पर श्रीकृष्ण बिलैया से साढ़े 12 लाख रुपए लेने और वापस नहीं करने का आरोप है। साढ़े 12 लाख रुपए का विवाद संजय केशवानी ने आरोपों को गलत और निराधार बताया है। उन्होंने कहा कि उनके वकील के जरिए वारंट जारी होने की जानकारी मिली थी, लेकिन अब कोर्ट ने इसे निरस्त कर दिया है। 2015 के बाद लेनदेन नहीं संजय केशवानी ने बताया कि वर्ष 2000 से श्रीकृष्ण बिलैया के साथ उनका व्यापारिक लेनदेन था। सुरक्षा के तौर पर दिए गए पुराने चेक बिलैया के पास रखे थे। लेनदेन बंद होने के बाद जब उन्होंने चेक वापस मांगे तो देने से मना कर दिया गया। केशवानी का दावा है कि बाद में उन्हीं चेक को बाउंस कराकर 2023 में रुपए लेने का नोटिस भेजा गया, जबकि 2015 के बाद से उनका कोई लेनदेन नहीं हुआ और वह पूरा पैसा चुका चुके हैं। पेशी पर नहीं गए, इसलिए वारंट ट्रैवल्स संचालक ने कहा कि वारंट श्रीकृष्ण बिलैया की ओर से जारी नहीं कराया गया था। उनके मुताबिक, वह खुद पेशी पर नहीं जा पाए थे, जिसके कारण कोर्ट ने वारंट जारी किया था। उन्होंने आरोप लगाया कि उनकी सामाजिक और व्यापारिक प्रतिष्ठा को नुकसान पहुंचाने के लिए यह सब किया जा रहा है। डिंडौरी कोर्ट में भी मामले संजय केशवानी ने बताया कि चेक बाउंस होने के बाद डिंडौरी कोर्ट में परिवाद पेश किया गया है। इसके अलावा, श्रीकृष्ण बिलैया और उनकी पत्नी के खिलाफ संजय खत्री, आकाश केशवानी और मिथिलेश राज शर्मा की ओर से वर्ष 2025 में डिंडौरी कोर्ट में 3 अलग-अलग मामले दायर किए गए हैं। ये मामले अभी लंबित हैं।
जींद जिले में नरवाना के हाउसिंग बोर्ड क्षेत्र में साईं देव मंदिर के सामने बरसाती पानी की निकासी के लिए पाइपलाइन बिछाने का कार्य चल रहा है। इस दौरान सड़क किनारे खोदे गए एक गड्ढे में बीजेपी के झंडों और पटकों से भरा एक थैला मिला है। स्थानीय लोगों के अनुसार, गत रात अज्ञात व्यक्ति ने लंबे समय से टूटे पड़े सीवर के ढक्कन में बीजेपी का एक झंडा लगा दिया। इसके अतिरिक्त, पाइपलाइन के लिए खोदे गए गड्ढे में भी बीजेपी के कई झंडे और पटके फेंके गए थे। थैले पर बीजेपी लिखा हुआ खास बात यह रही कि ये झंडे और पटके खुले में नहीं, बल्कि एक ऐसे थैले में मिले जिस पर बीजेपी लिखा हुआ था। यह थैला भी उसी गड्ढे में फेंका गया था। सुबह जब लोगों ने यह दृश्य देखा तो मौके पर भीड़ जमा हो गई और तरह-तरह की अटकलें लगाई जाने लगीं। हालांकि, अभी तक यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि यह सामान वहां किसने और किस मंशा से फेंका है। मामले की सच्चाई पुलिस जांच के बाद ही सामने आ पाएगी, इसलिए किसी पर आरोप लगाना फिलहाल उचित नहीं होगा। थाना प्रभारी बोले- नहीं मिली कोई शिकायत शहर थाना प्रभारी पूर्ण दास ने बताया कि इस संबंध में अभी तक पुलिस को कोई शिकायत प्राप्त नहीं हुई है। उन्होंने आश्वस्त किया कि शिकायत मिलने पर पुलिस मामले की गहनता से जांच करेगी। स्थानीय निवासियों का कहना है कि पाइपलाइन के लिए खोदे गए गड्ढों और टूटे सीवर के ढक्कन के कारण उन्हें पहले से ही परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। ऐसे में गड्ढे में बीजेपी के झंडे-पटकों से भरा थैला मिलने से यह मामला अब शहर में चर्चा का मुख्य विषय बन गया है। यह थैला गड्ढे तक कैसे पहुंचा और इसे वहां किसने फेंका, ये सवाल अभी भी अनुत्तरित हैं। इन सभी सवालों के जवाब पुलिस की जांच पूरी होने के बाद ही सामने आ पाएंगे।
भारत रत्न उस्ताद बिस्मिल्लाह खां की 20वीं पुण्यतिथि आज मनाई जा रही है। ऐसे में उनके मकबरे पर उनके परिजनों ने सबसे पहले कुरानख्वानी की। इसके बाद फातेहा पढ़ा गया। और पुष्प अर्पित किया गया। इस दौरान कई संगीत प्रेमियों ने दरगाह फातमान स्थित मकबरे पर पहुंचकर पुष्पांजलि अर्पित किया। उस्ताद के मकबरे पर उनके प्रपौत्र आफाक हैदर और उनके साथियों ने शहनाई पर आंसुओं का नजराना भी पेश किया। उस्ताद को दी गई श्रद्धांजलि शहनाई के जादूगर उस्ताद बिस्मिल्लाह खां की 20वीं पुण्यतिथि पर उनके मकबरे पर शुक्रवार को उनके चाहने वालों की भीड़ उमड़ी। उनके घर के लोगों ने उनकी कब्र पर शहनाई का नजराना पेश किया। शहनाई पर उस्ताद द्वारा बजाया जाने वाला नौहा मारा गया है तीर से बच्चा रबाब का बजाया गया। जिसे सुनकर वहां के लोग गैंगों हो गए। इसके बाद उनकी कब्र पर पुष्प अर्पित कर उन्हें श्रद्धांजलि दी गई। बालाजी मंदिर पर करते थे रियाज इस दौरान इनके प्रपौत्र आफाक हैदर ने बताया दादा हुजूर अपनी शहनाई का रियाज रोजाना गंगा जी के स्नान कर बालाजी मंदिर के बगल में करते थे। बालाजी मंदिर पर उन्होंने जब तक वो ठीक रहे तब तक रियाज किया। उन्होंने कई देशों ने अपनी नागरिकता के लिए कहा पर उन्होंने भारत से प्यार था और वो यहीं बस गए। साल 2006 में हुआ था देहांत बिस्मिल्लाह खां की मौत लंबी बीमारी के बाद 21 अगस्त 2006 में हुई थी। उन्हें राष्ट्रीय सम्मान के साथ सेना ने दरगाह फातमान में दफन किया था।
सावधान! वरिष्ठ नागरिक कार्ड बनाने के नाम हो रही ठगी, साइबर ठगों ने फैलाया जाल
उत्तराखंड के सितारगंज में पीएनबी अधिकारी बनकर एक व्यक्ति से वरिष्ठ नागरिक कार्ड बनाने के बहाने 3.77 लाख रुपये की ऑनलाइन ठगी की गई।
चंडीगढ़ मेडिकल कॉलेज में एमबीबीएस प्रवेश से दो ओबीसी अभ्यर्थियों को बाहर करने का मामला हाईकोर्ट पहुंच गया है। वैध प्रमाणपत्रों के बावजूद दस्तावेज की कमी बताकर बाहर किए जाने पर चंडीगढ़ प्रशासन से जवाब मांगा है।
कटनी जमीन घोटाला मामले में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कड़ा रुख अपनाया है। मुख्यमंत्री ने नगर पुलिस अधीक्षक (CSP) नेहा पच्चीसिया को तत्काल निलंबित करने के निर्देश दिए हैं। इसके साथ ही, पुलिस मुख्यालय (PHQ) के निर्देशों पर कटनी स्थित सीएसपी कार्यालय को सीज कर दिया गया है। मुख्यमंत्री कार्यालय के आधिकारिक सोशल मीडिया हैंडल से इस संबंध में जानकारी साझा की गई। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने स्पष्ट किया है कि कानून-व्यवस्था और पुलिस प्रशासन से जुड़े मामलों में लापरवाही, दबाव या पद का दुरुपयोग बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने वरिष्ठ अधिकारियों को निष्पक्ष जांच और दोषियों के खिलाफ कठोरतम वैधानिक कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। सीएसपी का कार्यालय सील, रिकॉर्ड सुरक्षित किए एफआईआर (FIR क्र. 0738/2026) दर्ज होने के बाद, पीएचक्यू भोपाल के निर्देशों पर कटनी में सीएसपी कार्यालय को सील किया गया। इस कार्रवाई का मुख्य उद्देश्य कंहवारा जमीन सौदे से जुड़ी केस डायरी, सीएसपी दफ्तर के रिकॉर्ड और डिजिटल साक्ष्यों को सुरक्षित रखना है, ताकि जांच प्रभावित न हो। निलंबन के आदेश के साथ ही, गृह विभाग ने विभागीय और एसआईटी जांच की प्रक्रिया भी तेज कर दी है। ये है पूरा मामला यह कार्रवाई हत्या के नामजद आरोपी रमेश लोधी पर दबाव बनाकर उसकी कंहवारा स्थित जमीन को कम दाम में हस्तांतरित कराने के आरोप में की गई है। आरोप है कि 82.86 लाख रुपए (गाइडलाइन मूल्य) की जमीन को मात्र 18.20 लाख रुपए में मारूफ अहमद हनफी (फ्रंटमैन) के नाम कर दिया गया। जांच रिपोर्ट में यह भी सामने आया था कि इस जमीन सौदे में सीएसपी के करीबी क्षितिज राज बारापत्रे के खातों से फंडिंग की गई थी। इनपर किया मामला दर्ज कुठला थाने में सीएसपी नेहा पच्चीसिया, क्षितिज राज बारापत्रे और मारूफ अहमद हनफी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 61, 198, 199(b), 308(7) और 318(4) के तहत गंभीर धाराओं में मामला दर्ज है।
प्राथमिक शिक्षक चयन परीक्षा 2025 में चयनित होने के बाद भी नियुक्ति से वंचित अभ्यर्थियों के लोक शिक्षण आयुक्त के कक्ष में प्रवेश करने की घटना के विरोध में शिक्षा विभाग के कर्मचारियों ने दो घंटे पेन डाउन रखा। इस दौरान शुक्रवार को आयुक्त कार्यालय में कर्मचारियों ने काम नहीं किया। दो घंटे बाद कर्मचारी काम पर लौट आए। इधर, राज्य शिक्षा केंद्र में भी कर्मचारियों ने आयुक्त के कक्ष में प्रवेश की घटना के विरोध में प्रदर्शन किया। कर्मचारियों ने घटना पर नाराजगी जताते हुए सुरक्षा व्यवस्था को लेकर भी सवाल उठाए। वहीं, दूसरी ओर प्राथमिक शिक्षक चयन परीक्षा 2025 में उत्तीर्ण अभ्यर्थियों का नियुक्ति पत्र की मांग को लेकर प्रदर्शन जारी है। चयनित शिक्षक नीलम पार्क में जुटे हैं और पदों की संख्या बढ़ाने की मांग कर रहे हैं। नियुक्ति की मांग को लेकर अभ्यर्थियों का आंदोलन जारी है। चैंबर में घुसकर की थी नारेबाजी आयुक्त लोक शिक्षण अभिषेक सिंह के कार्यालय में गुरुवार शाम प्राथमिक शिक्षक चयन परीक्षा में उत्तीर्ण होने के बाद नियुक्ति से वंचित उम्मीदवारों के एक समूह ने जबरन घुसकर नारेबाजी की थी। घटना के बाद मौके पर पहुंची पुलिस ने सबको आयुक्त के कक्ष से बाहर निकाला था। इसके बाद शिक्षक और कर्मचारी संगठनों ने इस घटना का विरोध करते हुए आज से आंदोलन और पेन डाउन करने की चेतावनी दी थी। शुक्रवार को राज्य शिक्षा केंद्र के बाहर संविदा कर्मचारी अधिकारी संयुक्त मोर्चा ने प्रदर्शन कर नारेबाजी की। इनके द्वारा आयुक्त के कक्ष में घुसने की कोशिश की निंदा करते हुए कार्यवाही की मांग की गई। मोर्चा के अध्यक्ष रमेश राठौर और अन्य कर्मचारियों ने इस तरह की घटनाओं की स्थिति में सरकारी कामकाज पर असर पड़ने की बात कही। राठौर ने कहा कि शिक्षा विभाग के कर्मचारी आज प्रदेश भर में आंदोलन कर रहे हैं। अहिंसात्मक तरीके से लोग अपनी बात रख सकते हैं लेकिन इसके लिए हिंसा का रास्ता अपनाना कतई उचित नहीं है। अल्पवेतन भोगी संघ के प्रदेश अध्यक्ष राजकुमार साकल्ले ने भी इसके विरोध में साथी कर्मचारियों को लेकर प्रदर्शन किया है। आयुक्त लोक शिक्षण कार्यालय के कर्मचारी नेता मुकेश शर्मा ने बताया कि चूंकि कल घटना के बाद प्रदर्शन करने वाले चयनित शिक्षकों ने आयुक्त से माफी मांग ली थी। इसलिए आज दो घंटे तक पेन डाउन रखने के बाद सभी काम पर लौट आए हैं ताकि शासकीय काम काज प्रभावित न होने पाए। नीलम पार्क में प्रदर्शन जारी दूसरी ओर शिक्षक चयन परीक्षा में वर्ग 2 और वर्ग तीन के पदों में वृद्धि को लेकर नीलम पार्क में प्रदर्शन किया जा रहा है। यहां आंदोलनरत चयनित शिक्षकों द्वारा स्कूल शिक्षा विभाग से पदों में वृद्धि कर नौकरी देने की मांग की जा रही है। इनका कहना है कि लाखों पद रिक्त हैं लेकिन विभाग पद वृद्धि न करके चयन परीक्षा में पास होने के बाद भी नियुक्ति नहीं दे रहा है। यह खबर भी पढ़ें… पोस्टिंग नहीं मिलने पर कमिश्नर के दफ्तर में घुसे प्रदर्शनकारी:भोपाल में चयनित शिक्षकों को पुलिस ने खदेड़ा प्राथमिक शिक्षक चयन परीक्षा 2025 में D.El.Ed की डिग्री के कारण नियुक्ति से वंचित चयनित शिक्षक गुरुवार शाम लोक शिक्षण आयुक्त के कक्ष में घुस गए। करीब दो दर्जन प्रदर्शनकारी झंडे लेकर नारेबाजी करते हुए कार्यालय की पहली मंजिल पर पहुंचे और आयुक्त के कक्ष में घुस गए। पढ़ें पूरी खबर…
दुर्ग। जिले के सरकारी स्कूलों में स्थानांतरण के बाद शिक्षा विभाग की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े हो गए हैं। कैलाश नगर स्थित प्राथमिक शाला में एक साथ तीन प्रधान पाठकों की पदस्थापना कर दी गई। तीनों अपने-अपने स्थानांतरण आदेश लेकर स्कूल पहुंचे तो स्थिति सामने आई। विभाग ने एक प्रधान पाठक को पदभार ग्रहण कराया, जबकि दो अन्य को दूसरे स्कूलों में समायोजित करने की प्रक्रिया शुरू करनी पड़ी। 1 ही पद के लिए 3 प्रधान पाठकों के नाम आदेश जारी स्कूल शिक्षा विभाग की ओर से 6 अगस्त 2026 को जारी स्थानांतरण आदेश में आभा नामदेव को खैरागढ़-छुईखदान-गंडई जिले के प्राथमिक शाला कृतबांस से कैलाश नगर भेजा गया था। इसी आदेश में धमधा विकासखंड के प्राथमिक शाला गाड़ाघाट के प्रधान पाठक प्रशांत देवांगन और दुर्ग जिले के प्राथमिक शाला खाड़ा की प्रधान पाठक यशोदा राजपूत का भी कैलाश नगर में तबादला किया गया। तीनों पहुंचे तो खुला मामला तीनों प्रधान पाठक आदेश लेकर कैलाश नगर स्कूल पहुंचे। वहां पता चला कि एक ही पद पर तीन लोगों की पदस्थापना हो गई है। इसके बाद विभाग ने पहले पदभार ग्रहण करने वाले प्रधान पाठक को वहीं रखने का निर्णय लिया और शेष दोनों के लिए जिले के दूसरे स्कूलों में रिक्त पद तलाशे गए। यह स्थिति इसलिए भी सवाल खड़े करती है क्योंकि दुर्ग जिले में प्रधान पाठकों के कई पद पहले से खाली हैं। डीईओ जगजीत सिंह धीर के मुताबिक, जिले में पहले 35 पद रिक्त थे। स्थानांतरण के बाद चार प्रधान पाठक जिले में आए हैं और फिलहाल करीब 31 पद खाली हैं। ‘चूक कैसे हुई, नहीं जानता’ डीईओ जगजीत सिंह धीर ने बताया कि कैलाश नगर में शासन स्तर से तीन प्रधान पाठकों की नियुक्ति हुई थी। एक को वहीं ज्वाइन कराया गया है, जबकि दो अन्य को जिले के रिक्त पदों वाले स्कूलों में कार्य करने की अनुमति दी गई है। संबंधित पदस्थापना के लिए संशोधित प्रस्ताव डीपीआई कार्यालय भेजा गया है। हालांकि, एक ही स्कूल में तीन प्रधान पाठकों की पदस्थापना कैसे हुई, इस सवाल पर डीईओ ने कहा कि यह प्रशासनिक चूक कैसे हुई, इसकी जानकारी उन्हें नहीं है। पदोन्नति से भी भरेंगे रिक्त पद विभाग के अनुसार जिले में प्रधान पाठकों के खाली पदों को पदोन्नति के जरिए भरने की प्रक्रिया भी प्रस्तावित है। डीईओ ने बताया कि इसी महीने पदोन्नति प्रक्रिया शुरू करने की तैयारी है और उच्च कार्यालय के निर्देश का इंतजार किया जा रहा है। फिलहाल विभाग कैलाश नगर की स्थिति को समायोजन के जरिए संभाल रहा है। लेकिन 31 पद खाली होने के बावजूद एक ही स्कूल में तीन प्रधान पाठकों की पदस्थापना ने ट्रांसफर-पोस्टिंग से पहले स्कूलवार स्वीकृत पद, रिक्तियों और वास्तविक जरूरत के मिलान पर सवाल खड़े कर दिए हैं।
दुर्ग। जिले के सरकारी स्कूलों में स्थानांतरण के बाद शिक्षा विभाग की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े हो गए हैं। कैलाश नगर स्थित प्राथमिक शाला में एक साथ तीन प्रधान पाठकों की पदस्थापना कर दी गई। तीनों अपने-अपने स्थानांतरण आदेश लेकर स्कूल पहुंचे तो स्थिति सामने आई। विभाग ने एक प्रधान पाठक को पदभार ग्रहण कराया, जबकि दो अन्य को दूसरे स्कूलों में समायोजित करने की प्रक्रिया शुरू करनी पड़ी। 1 ही पद के लिए 3 प्रधान पाठकों के नाम आदेश जारी स्कूल शिक्षा विभाग की ओर से 6 अगस्त 2026 को जारी स्थानांतरण आदेश में आभा नामदेव को खैरागढ़-छुईखदान-गंडई जिले के प्राथमिक शाला कृतबांस से कैलाश नगर भेजा गया था। इसी आदेश में धमधा विकासखंड के प्राथमिक शाला गाड़ाघाट के प्रधान पाठक प्रशांत देवांगन और दुर्ग जिले के प्राथमिक शाला खाड़ा की प्रधान पाठक यशोदा राजपूत का भी कैलाश नगर में तबादला किया गया। तीनों पहुंचे तो खुला मामला तीनों प्रधान पाठक आदेश लेकर कैलाश नगर स्कूल पहुंचे। वहां पता चला कि एक ही पद पर तीन लोगों की पदस्थापना हो गई है। इसके बाद विभाग ने पहले पदभार ग्रहण करने वाले प्रधान पाठक को वहीं रखने का निर्णय लिया और शेष दोनों के लिए जिले के दूसरे स्कूलों में रिक्त पद तलाशे गए। यह स्थिति इसलिए भी सवाल खड़े करती है क्योंकि दुर्ग जिले में प्रधान पाठकों के कई पद पहले से खाली हैं। डीईओ जगजीत सिंह धीर के मुताबिक, जिले में पहले 35 पद रिक्त थे। स्थानांतरण के बाद चार प्रधान पाठक जिले में आए हैं और फिलहाल करीब 31 पद खाली हैं। ‘चूक कैसे हुई, नहीं जानता’ डीईओ जगजीत सिंह धीर ने बताया कि कैलाश नगर में शासन स्तर से तीन प्रधान पाठकों की नियुक्ति हुई थी। एक को वहीं ज्वाइन कराया गया है, जबकि दो अन्य को जिले के रिक्त पदों वाले स्कूलों में कार्य करने की अनुमति दी गई है। संबंधित पदस्थापना के लिए संशोधित प्रस्ताव डीपीआई कार्यालय भेजा गया है। हालांकि, एक ही स्कूल में तीन प्रधान पाठकों की पदस्थापना कैसे हुई, इस सवाल पर डीईओ ने कहा कि यह प्रशासनिक चूक कैसे हुई, इसकी जानकारी उन्हें नहीं है। पदोन्नति से भी भरेंगे रिक्त पद विभाग के अनुसार जिले में प्रधान पाठकों के खाली पदों को पदोन्नति के जरिए भरने की प्रक्रिया भी प्रस्तावित है। डीईओ ने बताया कि इसी महीने पदोन्नति प्रक्रिया शुरू करने की तैयारी है और उच्च कार्यालय के निर्देश का इंतजार किया जा रहा है। फिलहाल विभाग कैलाश नगर की स्थिति को समायोजन के जरिए संभाल रहा है। लेकिन 31 पद खाली होने के बावजूद एक ही स्कूल में तीन प्रधान पाठकों की पदस्थापना ने ट्रांसफर-पोस्टिंग से पहले स्कूलवार स्वीकृत पद, रिक्तियों और वास्तविक जरूरत के मिलान पर सवाल खड़े कर दिए हैं।
अयोध्या में सरयू नदी का जलस्तर बढ़ने से मांझाकला के आठ पुरवे बाढ़ की चपेट में आ गए हैं। प्रशासन ने प्रभावित परिवारों के लिए सहारा बाग में राहत शिविर स्थापित किया है, जहां सभी आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराई गई हैं। हालांकि, कई बाढ़ पीड़ित अपने जलमग्न घरों को छोड़कर राहत शिविर में आने को तैयार नहीं हैं। राहत शिविर में भोजन, नाश्ता, मिठाई (कालाजाम सहित), ठंडा पानी,चारपाई, गद्दे, कूलर, पंखे और शौचालय जैसी सभी बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध हैं। सुबह-शाम नाश्ते के साथ पूड़ी-सब्जी, दाल-चावल और मिठाई दी जा रही है। लगभग 125चारपाइयों पर गद्दे बिछाए गए हैं, साथ ही चार बड़े कूलर और आधा दर्जन से अधिक पंखे लगाए गए हैं। महिलाओं और पुरुषों के लिए अलग शौचालय तथा आरओ का ठंडा पानी भी उपलब्ध है। इसके बावजूद,अधिकांश लोग रात में राहत शिविर में रुकने के बजाय अपने जलमग्न घरों की ओर लौट जाते हैं। प्रशासन ने बाढ़ प्रभावित परिवारों को खाद्यान्न और खाना पकाने की सामग्री वाली 125राहत किट भी वितरित की हैं। एक चिकित्सा शिविर भी स्थापित किया गया है। एडीएम प्रशासन,एसडीएम सोहावल गजेंद्र सिंह, तहसीलदार प्रदीप कुमार सिंह और नायब तहसीलदार रेशू जैन लगातार राहत शिविर का निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा ले रहे हैं। राजस्व निरीक्षक राम अभिलाष यादव और लेखपाल विशाल सिंह सहित राजस्वकर्मियों की 24 घंटे ड्यूटी लगाई गई है। मांझाकला के ग्रामीणों के आवागमन के लिए आठ नाव और पांच स्टीमर तैनात किए गए हैं, जो लोगों को सुरक्षित स्थानों तक पहुंचाने में लगे हैं। प्रशासन ने लगभग 200 लोगों के ठहरने की व्यवस्था की है। अधिकारी लगातार अपील कर रहे हैं कि नदी का जलस्तर अचानक बढ़ सकता है, इसलिए लोग अपने घर छोड़कर राहत शिविर में सुरक्षित रहें। एसडीएम गजेंद्र सिंह ने शुक्रवार, 21 अगस्त को बताया कि स्टीमर के माध्यम से बाढ़ प्रभावित क्षेत्र का लगातार निरीक्षण किया जा रहा है और ग्रामीणों से सहारा बाग राहत शिविर में आने की अपील की जा रही है। उन्होंने कहा कि शासन के निर्देश पर राहत शिविर में सभी आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराई गई हैं और बाढ़ की स्थिति से निपटने के लिए हरसंभव प्रयास जारी हैं।
आगरा के निजी अस्पतालों का चौंकाने वाला सच: आईसीयू में डॉक्टर नहीं, ऑपरेशन थिएटर में गंदगी
स्वास्थ्य विभाग द्वारा आगरा में 140 निजी अस्पतालों के निरीक्षण में 85 (60%) मानकों पर खरे नहीं उतरे। आईसीयू में डॉक्टर नदारद, अप्रशिक्षित स्टाफ, गंदगी और बायोमेडिकल कचरा जैसी गंभीर अनियमितताएं पाई गईं, जिसके बाद 85 अस्पतालों को नोटिस जारी किए गए हैं।
संभल में 7 मिलीमीटर बारिश दर्ज:चंदौसी में जलभराव से परेशानी, पारा 32 डिग्री; रात तक बारिश का अलर्ट
संभल में शुक्रवार को कई इलाकों में बारिश हुई, जिससे मौसम सुहावना हो गया। इस दौरान 7 मिलीमीटर वर्षा दर्ज की गई। हालांकि, चंदौसी शहर में जलभराव की स्थिति बनी रही, जिससे लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा। मौसम विभाग ने रात तक रुक-रुक कर बारिश होने का अलर्ट जारी किया है। संभल शहर में सुबह 9:15 बजे 40 मिनट तक बारिश हुई, जिसके एक घंटे बाद धूप निकल आई। सुबह का तापमान 26 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि दोपहर 12 बजे तक यह 32 डिग्री सेल्सियस पर पहुंच गया। हवाएं 15 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चलीं, जिससे मौसम में ठंडक महसूस हुई। तहसील चंदौसी के ब्लॉक बहजोई क्षेत्र के सादातबाड़ी, नरोदा, नागलिया भूढ़, भीमपुर, अर्जनपुर जूना, पाठकपुर, शेरूआ, कुबरीभूढ़, सतनोली, शाहपुर भूढ़ सहित दर्जनों गांवों में सुबह करीब 10 बजे से 40 मिनट तक तेज बारिश हुई, जिसके बाद रिमझिम वर्षा जारी रही। जिन इलाकों में बारिश हुई, वहां मौसम सुहावना रहा, जबकि गंगा किनारे की तहसील गुन्नौर में तेज धूप के कारण उमस भरी गर्मी महसूस की गई। चंदौसी शहर में तड़के 5 बजे हुई एक घंटे की बारिश के तीन घंटे बाद भी सुबह 11 बजे तक सड़कों पर जलभराव देखा गया। इस स्थिति ने नगर पालिका परिषद चंदौसी के जल निकासी के दावों पर सवाल खड़े कर दिए हैं। अगस्त महीने में अब तक 165 मिलीमीटर से अधिक बारिश दर्ज की जा चुकी है। किसान दयाशंकर सैनी के अनुसार, लगातार हो रही इस बारिश से धान और ईख की फसल को काफी फायदा पहुंचा है। संभल शहर के स्थानीय निवासी कमलेश कुमार ने बताया कि सुबह बारिश के बाद मौसम अच्छा हो गया था, लेकिन दोपहर में तेज धूप निकलने से फिर से उमस भरी गर्मी महसूस होने लगी है।
मुरादाबाद में उत्तर प्रदेश पंचायती राज ग्रामीण सफाई कर्मचारी संघ के प्रांतीय आह्वान पर जिले के ग्रामीण सफाई कर्मचारियों ने पुरानी पेंशन योजना बहाल करने की मांग को लेकर आज प्रदर्शन किया। कर्मचारियों ने तिरंगा यात्रा निकाली और अपनी मांगों को बुलंद किया। जिला कमेटी के अध्यक्ष राजपाल सिंह, महामंत्री कपिल कुमार, मुन्नू, सत्यप्रकाश सिंह और सुदेश मसीह के नेतृत्व में कर्मचारी विकास भवन के गेट पर एकत्र हुए। यहां से हाथों में तिरंगा लेकर कर्मचारियों ने यात्रा शुरू की। यात्रा के दौरान कर्मचारी पुरानी पेंशन योजना बहाल करने की मांग करते हुए आगे बढ़े। विकास भवन से निकली यह यात्रा सिविल लाइंस स्थित डॉ. बीआर आंबेडकर पार्क पहुंची, जहां कर्मचारियों ने उनकी प्रतिमा पर माल्यार्पण किया। इसके बाद सभी कर्मचारी कलेक्ट्रेट पहुंचे। यहां संगठन के पदाधिकारियों ने प्रशासन को अपनी मांगों से संबंधित मांग पत्र सौंपा। कर्मचारियों ने कहा कि पुरानी पेंशन कर्मचारियों के भविष्य की आर्थिक सुरक्षा से जुड़ी है, इसलिए नई पेंशन व्यवस्था के स्थान पर पुरानी योजना को फिर से लागू किया जाना चाहिए। संगठन के पदाधिकारियों ने बताया कि पुरानी पेंशन बहाली को लेकर प्रदेश स्तर पर आंदोलन चलाया जा रहा है। इसी क्रम में जिले में भी कर्मचारियों ने तिरंगा यात्रा निकालकर सरकार तक अपनी मांग पहुंचाने का प्रयास किया। कर्मचारियों ने मांगों पर जल्द सकारात्मक निर्णय लिए जाने की उम्मीद जताई।
वंदे मातरम् के दो पैरा गाने के कांग्रेस के रुख पर विजय शर्मा का निशाना, बोले- जंगल से नक्सल निकाला, दिमाग में होगा तो वहां से भी निकालेंगे दुर्ग। दुर्ग भाजपा कार्यालय में गुरुवार को भाजपा कोर ग्रुप की बैठक के बाद छत्तीसगढ़ के गृहमंत्री विजय शर्मा ने वंदे मातरम्, नक्सलवाद और जेल में बंद नक्सल मामलों के आरोपियों समेत कई मुद्दों पर सरकार का रुख सामने रखा। विजय शर्मा ने कांग्रेस के वंदे मातरम् के दो पैरा गाने के रुख पर कहा कि कांग्रेस ने तुष्टीकरण की वजह से बीच में ऐसा किया था। इसके साथ ही गृहमंत्री ने कहा, हमने जंगलों से नक्सल निकाला है, दिमागी नक्सल जिसके होगा दिमाग में, उसे दिमाग से भी निकालेंगे। कांग्रेस की ओर से वंदे मातरम् के दो पैरा गाने की बात पर विजय शर्मा ने कहा कि देश में जो तय हुआ है, उसका पूरा पालन होना चाहिए। उन्होंने कहा कि पहले भी वंदे मातरम् पूरा गाया जाता था, लेकिन बाद में तुष्टीकरण के नाम पर इसे सीमित कर दिया गया। उनके मुताबिक अब देश अपने स्वाभिमान और मान-बिंदुओं के साथ खड़ा है, इसलिए वंदे मातरम् को लेकर भी पहले की व्यवस्था को ठीक किया जाना चाहिए। विजय शर्मा ने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि किसी मुद्दे को राजनीतिक विवाद का विषय नहीं बनाया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि भाजपा का विरोध करने के चक्कर में देश का विरोध नहीं होना चाहिए। वंदे मातरम् और तिरंगा किसी राजनीतिक दल के नहीं हैं। उन्होंने कहा कि तिरंगा यात्रा भाजपा नहीं, बल्कि देश के नागरिक निकाल रहे हैं। दिमागी नक्सल पर बोले- कांग्रेस के सीनीय नेताओं का बयान चौंकाने वालापत्रकारों से चर्चा के दौरान दिमागी नक्सल को लेकर कांग्रेस नेता और पूर्व केंद्रीय मंत्री पी. चिदंबरम के बयान का सवाल उठाया। इस पर विजय शर्मा ने नक्सलवाद का मुद्दा जोड़ते हुए पूछा कि नक्सल आखिर कहां होता है? उन्होंने कहा कि नक्सलवाद सिर्फ जंगल में नहीं होता, बल्कि दिमाग में भी होता है। उनके मुताबिक जब किसी व्यक्ति के दिमाग में नक्सल सोच पैदा होती है, तभी वह हथियार उठाता है। गृहमंत्री ने बस्तर में नक्सली हिंसा से प्रभावित लोगों का जिक्र करते हुए कहा कि कई लोगों ने आईईडी विस्फोटों में अपने पैर गंवाए हैं, जबकि कई परिवारों ने अपने लोगों को खोया है। उन्होंने सवाल किया कि ऐसी हिंसा पर किसी को गर्व कैसे हो सकता है। उन्होंने ताड़मेटला में 76 जवानों की मौत का भी जिक्र किया और कांग्रेस के पुराने रुख पर सवाल उठाए। सरकार की आलोचना और ‘दिमागी नक्सलवाद’ में फर्क बतायाविजय शर्मा ने कहा कि लोकतंत्र में सरकार के खिलाफ बोलने और उसकी आलोचना करने की पूरी आजादी है। सरकार से सवाल करना लोकतांत्रिक प्रक्रिया का हिस्सा है। लेकिन राष्ट्रीय संपत्ति को नुकसान पहुंचाना, समाज में वैमनस्य फैलाना या देश में अराजक स्थिति पैदा करने की कोशिश स्वीकार नहीं की जाएगी। उन्होंने कहा कि ऐसे मामलों में सरकार सख्ती से कार्रवाई करेगी। गृहमंत्री ने कहा, हमने जंगलों से नक्सल निकाला है, दिमागी नक्सल जिसके होगा दिमाग में, उसे दिमाग से भी निकालेंगे। जेल में बंद करीब 1300 नक्सल आरोपियों की समीक्षागृहमंत्री ने सालों से जेल में बंद नक्सल मामलों के आरोपियों को लेकर भी सरकार की प्रक्रिया की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि पुराने प्रकरणों में करीब 1300 लोग जेल में बंद हैं। इन मामलों को अलग-अलग श्रेणियों में बांटकर समीक्षा की जा रही है। पहले यह देखा जा रहा है कि किन मामलों में जनहानि हुई और किन मामलों में जनहानि नहीं हुई। जिन मामलों में जनहानि नहीं हुई, उन्हें भी दो हिस्सों में बांटा गया है। एक में यूएपीए जैसे केंद्रीय कानून लगे मामले हैं और दूसरे में ऐसे मामले हैं, जिनमें केंद्रीय कानून नहीं लगे हैं। प्रकरणों की हो रही है समीक्षाविजय शर्मा के मुताबिक फिलहाल उन मामलों पर काम किया जा रहा है, जिनमें जनहानि नहीं हुई और केंद्रीय कानून भी लागू नहीं हैं। उन्होंने कहा कि इन प्रकरणों की स्थिति की समीक्षा की जा रही है। उन्होंने पिछली कांग्रेस सरकार पर आरोप लगाया कि उसने नक्सलवाद से जुड़े मामलों में किसी व्यक्ति को नहीं छोड़ा। उनके अनुसार पिछली सरकार ने ऐसे लोगों को छोड़ा, जिनके मामलों में नक्सलवाद का कोई संबंध नहीं था। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार नक्सल मामलों में कार्रवाई करके दिखाएगी।
अजमेर में 17 से 20 अगस्त तक आयोजित राज्य स्तरीय जूनियर एथलेटिक्स प्रतियोगिता में अलवर के खिलाड़ियों ने शानदार प्रदर्शन किया। जिले के एथलीटों ने कुल 18 पदकों पर कब्जा जमाकर अलवर का मान बढ़ाया। इसमें 10 स्वर्ण, 4 रजत और 4 कांस्य पदक शामिल हैं। जिला एथलेटिक्स संघ के सचिव धारा यादव ने बताया कि पुरुष टीम के कोच अरविंद कुमार मीणा और महिला टीम की कोच अनीता मीणा के मार्गदर्शन में खिलाड़ियों ने विभिन्न स्पर्धाओं में यह सफलता हासिल की। अजमेर से लौटने पर विजेता खिलाड़ियों का शहर में स्वागत किया जाएगा। कोच व सीनयर्स ने दी बधाई खिलाड़ियों की इस उपलब्धि पर अंतरराष्ट्रीय कोच सबल प्रताप सिंह, जिला खेल अधिकारी अंजना शर्मा, जिला एथलेटिक्स संघ के अध्यक्ष पुलकित जैन, कैप्टन उमराव लाल सैनी और दीपक यादव समेत कई खेल प्रेमी व पदाधिकारियों ने बधाई दी है।
कलेक्टोरेट में पुलिस कमिश्नर डॉ. संजीव शुक्ला और कलेक्टर डॉ. गौरव सिंह की अध्यक्षता में जिला सड़क सुरक्षा समिति और NCORD की बैठक हुई। इसमें शहर और ग्रामीण क्षेत्रों की ट्रैफिक व्यवस्था और सड़क सुरक्षा को बेहतर बनाने पर चर्चा की गई। अलग-अलग जगहों पर जाम और दुर्घटनाओं की स्थिति को देखते हुए सड़क, डिवाइडर, सर्विस रोड और ट्रैफिक सिग्नल से जुड़े कामों की समीक्षा की गई। VIP रोड पर नो पार्किंग, धीरे चलें, गति सीमा, रॉन्ग साइड न चलें और सावधान क्रॉसिंग जैसे संकेतक बोर्ड लगाने की बात कही गई। श्रीराम मंदिर तिराहा से मंदिर तक बने अस्थायी डिवाइडर को स्थायी करने का प्रस्ताव है। तेलीबांधा चौक से किंग्सवे होटल रोड तक डिवाइडर और तेलगानी नाका क्षेत्र में गैरेजों के विस्थापन पर भी चर्चा हुई। जरूरत के अनुसार सर्विस रोड चौड़ी करने और नए सर्विस रोड बनाने के काम पर भी विचार किया गया। 7 जगहों पर सिग्नल लगाने की जरूरत ट्रैफिक को आसान बनाने के लिए 7 जगहों पर नए सिग्नल लगाने की जरूरत बताई गई। इनमें द्रोणाचार्य स्कूल चौक-केनाल लिंकिंग रोड, कमल होटल के पास चौक, बोरियाकला तिराहा, अनुपम गार्डन चौक, धुप्पड़ पेट्रोल पंप के पास, एम्स गेट नंबर-4 के सामने और मंडी गेट तिराहा शामिल हैं। पंडरी कपड़ा मार्केट, पंडरी थाना के सामने दुबे कॉलोनी तिराहा और व्यास तालाब तिराहा क्षेत्र की ट्रैफिक व्यवस्था पर भी चर्चा हुई। तंबाकू बिक्री और अतिक्रमण पर कार्रवाई पुलिस कमिश्नर ने पुलिस और जिला प्रशासन को मिलकर ट्रैफिक सुधार के लिए अभियान चलाने के निर्देश दिए। स्कूल और कॉलेज के आसपास कोटपा अधिनियम के तहत गुटखा-तंबाकू बेचने वाली दुकानों पर कार्रवाई करने को कहा गया। कलेक्टर ने समाज कल्याण विभाग को सामाजिक संगठनों और जनप्रतिनिधियों के साथ मिलकर बस्तियों में नशे के खिलाफ जागरूकता अभियान चलाने के निर्देश दिए। बाजारों में अवैध अतिक्रमण हटाने के लिए टीम प्रहरी के माध्यम से कार्रवाई करने को भी कहा गया। बैठक में नगर निगम आयुक्त संबित मिश्रा, रायपुर ग्रामीण एसपी श्वेता श्रीवास्तव सिन्हा, डीसीपी ट्रैफिक एवं प्रोटोकॉल डॉ. अर्चना झा, एसीपी ट्रैफिक सतीश ठाकुर सहित संबंधित विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।
हरियाणा राज्य नगर पालिका इकाई संघ के आह्वान पर नगर परिषद नरवाना के कर्मचारियों की हड़ताल शुक्रवार को 16वें दिन भी जारी रही। कर्मचारी अपनी लंबित मांगों को लेकर सरकार के खिलाफ रोष प्रदर्शन कर रहे हैं और जल्द समाधान की मांग उठा रहे हैं। शुक्रवार को बड़ी संख्या में कर्मचारी नगर परिषद कार्यालय में एकत्रित हुए। और वहां से कैनाल रोड के रास्ते नरवाना विधायक एवं हरियाणा सरकार में कैबिनेट मंत्री कृष्ण कुमार बेदी के निवास स्थान तक पैदल मार्च निकाला। इस दौरान कर्मचारियों ने सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। प्रदर्शनकारी बोले- सरकार नहीं उठा रही ठोस कदम प्रदर्शनकारियों का नेतृत्व सफाई कर्मचारी नरवाना इकाई के प्रधान बंटी बेदी ने की। उन्होंने बताया कि कर्मचारी लंबे समय से अपनी जायज मांगों को लेकर संघर्ष कर रहे हैं, लेकिन सरकार की ओर से अभी तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया है। कर्मचारियों की प्रमुख मांगों में कच्चे कर्मचारियों को पक्का करना, एक्सग्रेशिया नीति को पूर्ण रूप से लागू करना और ठेकेदारी प्रथा को समाप्त करना शामिल है। कर्मचारी मंत्री के निवास स्थान पर पहुंचे और अपनी मांगों से संबंधित ज्ञापन कैबिनेट मंत्री के निजी सहायक को सौंपा। उस समय मंत्री कृष्ण कुमार बेदी अपने निवास पर मौजूद नहीं थे। ज्ञापन सौंपने के बाद कर्मचारी वापस लौट गए। कैबिनेट मंत्री के बाहर पुलिस तैनात किया सुरक्षा व्यवस्था के मद्देनजर मंत्री के निवास स्थान के बाहर भारी पुलिस बल तैनात किया गया था। इस प्रदर्शन में नगर परिषद कर्मचारियों के अलावा फायर ब्रिगेड के कर्मचारी, सफाई कर्मचारी और किसान संगठनों के प्रतिनिधि भी शामिल हुए। सभी ने सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए मांगों के जल्द समाधान की मांग की। कर्मचारियों ने स्पष्ट चेतावनी दी कि जब तक उनकी मांगों पर सकारात्मक कार्रवाई नहीं होती, तब तक उनका आंदोलन जारी रहेगा। तरसेम कुमार ने कहा कि कर्मचारी अपने हक की लड़ाई से पीछे नहीं हटेंगे और मांगों के समाधान के लिए आंदोलन को मजबूती से जारी रखा जाएगा।
कांग्रेस विधायक तिलकराज बेहड़ ने भाजपा के पूर्व विधायक राजेश शुक्ला और उनके परिवार पर उत्तराखंड व उत्तर प्रदेश दोनों राज्यों की वोटर लिस्ट में नाम होने का आरोप लगाया है।
बीजेपी के पार्टी ऑफिस में शुक्रवार सुबह से आवेदन शुरू हो गए हैं। सुबह से बड़ी संख्या में पार्षद उम्मीदवारी जताने पहुंचे हैं। उम्मीदवारी जताने वाले कार्यकर्ताओं से पार्टी पूछ रही है कि वार्ड से उनके अलावा और कौन तीन उम्मीदवार हो सकते हैं। ये तीन नाम हर उम्मीदवारी जताने वाले कार्यकर्ताओं को देने होंगे। वहीं भाजपा जिलाध्क्ष राजेंद्र पालीवाल ने बताया कि 24 अगस्त तक आवेदन जमा किए जाएंगे। इसके लिए सभी फार्म की स्क्रीन की जाएगी। उन्होंने बताया कि हर वार्ड से केवल पार्टी के कार्यकर्ता को उम्मीदवार के तौर पर उतारा जाएगा। भाजपा ने आज से पार्षद पद के उम्मीदवारों के फॉर्म लेना शुरू कर दिया है। भाजपा उम्मीदवारों से पूछ रही है कि क्या कभी चुनाव लड़ा है या नहीं। ये भी पूछा जा रहा है कि उनके अलावा पार्टी से और कौन उमीदवार हो सकते हैं। इसके साथ ही फॉर्म के माध्यम से ये भी जानकारी मांगी जा रही कि क्या उन्होंने कभी पार्टी के खिलाफ या निर्दलीय चुनाव लड़ा या नहीं। ये भी जानकारी मांगी उम्मीदवारी जताने वाले आवेदकों से ये भी जानकारी मांगी गई है कि क्या उनके खिलाफ पहले से कोई मामला दर्ज तो नहीं। यदि है तो क्या मामला था, क्या धारा लगी और कौनसा थाना था। इसके साथ ही निकाय या पंचायत में कोई बकाया तो नहीं। क्या पार्टी की से विधानसभा, लोकसभा, पंचायतीराज और निकाय चुनाव में भाजपा प्रत्याशी के खिलाफ चुनाव लड़ने या उसकी खिलाफ प्रचार करने पर नोटिस दिया है या नहीं। भाजपा कोर कमेटी की बैठक में चुनावी तैयारियों पर चर्चा इससे पहले गुरुवार को निकाय चुनाव को लेकर भारतीय जनता पार्टी की कोर कमेटी की महत्वपूर्ण बैठक हुई। बैठक में आगामी नगर निकाय चुनावों को लेकर संगठनात्मक तैयारियों, संभावित प्रत्याशियों, वार्डवार स्थिति, बूथ स्तर तक संगठन की मजबूती तथा चुनावी रणनीति को लेकर विस्तार से मंथन किया गया। बैठक में वरिष्ठ नेताओं ने कार्यकर्ताओं से एकजुट होकर चुनावी तैयारियों में जुटने का आह्वान किया।
रायसेन शहर के महामाया चौक पर गुरुवार-शुक्रवार की दरमियानी रात एक युवती ने नशे की हालत में हंगामा किया। देर रात करीब 2 से 3 बजे के बीच हुई इस घटना का वीडियो सामने आया है। युवती सड़क पर लेटकर लोगों और पुलिस से अभद्रता करती दिखी। सामने आए वीडियो में युवती कभी सड़क पर बैठी तो कभी लेटी हुई नजर आ रही है। वह नशे की हालत में इतनी बेसुध थी कि सड़क पर गिरने के बाद खुद उठ भी नहीं पा रही थी। मौके पर मौजूद लोगों ने उसे उठाकर सड़क किनारे किया। पुलिस के पहुंचने पर भी युवती का हंगामा जारी रहा। परेशान होकर हंगामा कर रही थीकोतवाली थाना प्रभारी नरेंद्र गोयल ने बताया कि युवती का मोबाइल कहीं गिर गया था, जिसके कारण वह परेशान होकर हंगामा कर रही थी। पुलिस ने युवती का गुम हुआ मोबाइल ढूंढकर उसे वापस कर दिया। इसके बाद युवती भोपाल के लिए रवाना हो गई। पुलिस ने युवती को समझाइश भी दी। इस घटना का वीडियो अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।
शामली में सांप के डसने से बच्चे की मौत:पिता गंभीर, डॉक्टरों पर एंटी-वेनम न देने का आरोप
शामली में थानाभवन में गुरूवार देर रात करीब 3 बजे सांप के काटने से एक मासूम बच्चे की मौत हो गई, जबकि उसके पिता की हालत गंभीर बनी हुई है। यह घटना देर रात उस समय हुई जब पिता-बेटे बिस्तर पर सो रहे थे। परिजनों ने सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के डॉक्टरों पर एंटी-वेनम लगाने में देरी करने का आरोप लगाया है। देखिए तस्वीरें… अब जानिए पूरा मामला… थानाभवन क्षेत्र के गांव भैसानी इस्लामपुर निवासी जावेद पुत्र लिल्ला अपने परिवार के साथ थानाभवन नगर पंचायत कार्यालय के पास एक कॉलोनी में रहते हैं। परिवार में पत्नी हासरुन, दो बेटियां अलिफसा (8), मिज्बा (6) और शाहवेज (3) हैं। जावेद लेबर कॉन्ट्रैक्टर का काम करते हैं। गुरूवार देर रात करीब तीन बजे जावेद बेटे शाहवेज के साथ बिस्तर पर सो रहे थे। इसी दौरान एक जहरीला सांप बिस्तर पर चढ़ गया और दोनों को डस लिया। बेटे के रोने पर जावेद को पहले लगा कि वह नींद में डर गया है। हालांकि, बाद में बिस्तर पर सांप दिखाई देने पर उन्हें सर्पदंश की घटना का पता चला। इसके बाद परिवार में हड़कंप मच गया। परिजन तुरंत दोनों को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र थानाभवन ले गए। परिजनों का आरोप है कि वहां चिकित्सकों ने सर्पदंश की बात स्वीकार करते हुए भी एंटी-वेनम लगाने से इनकार कर दिया। बाद में पिता जावेद डॉक्टरों के पास बच्चे को लेकर गया और एंटी-वेनम लगाने का आग्रह किया, लेकिन उन्हें उपचार के लिए काफी मशक्कत करनी पड़ी। पिता को एंटी-वेनम नहीं लगाने का आरोप परिजनों का कहना है कि एंटी-वेनम बाद में बच्चों को नहीं लगाया गया। इस मामले को लेकर परिजनों ने स्वास्थ्य विभाग और चिकित्सकों की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल उठाए हैं। हालांकि, इस संबंध में चिकित्सकों की ओर से तत्काल कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है। बाद मे परिजनों के अनुसार, सांप ने जावेद को जांघ के पास डसा था, जबकि उनके बेटे को कमर में सर्पदंश के निशान थे। प्राथमिक उपचार के बाद जब परिजन बच्चे को घर ले गए, तो उसकी हालत बिगड़ गई। उसे तुरंत एक निजी चिकित्सक के पास ले जाया गया, जहां चिकित्सक ने बच्चे को मृत घोषित कर दिया। बच्चे को मौत के बाद भी झाड़-फूंक के लिए ले गए परिजन बच्चे की मौत के बाद परिजन उसे झाड़-फूंक कराने के लिए दूसरे जनपद की ओर लेकर चले गए। वहीं जावेद को भी सर्पदंश के बाद परिजन झाड़ा लगवाने वाले के पास ले गए। वहीं दूसरी ओर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र प्रभारी सुशील कुमार से बात की गई तो उन्होंने कोई भी बात करने से इनकार कर दिया।
इंदौर के आजाद नगर इलाके में मंत्री कैलाश विजयवर्गीय के समर्थक के ऑफिस में कार की किस्त वसूली को लेकर विवाद हो गया। आरोप है कि चार युवक ऑफिस में घुसे और परिवार के लोगों से विवाद के बाद तोड़फोड़ कर दी। पूरी घटना सीसीटीवी कैमरों में कैद हो गई। पुलिस ने शिकायत के आधार पर केस दर्ज कर कुछ युवकों को हिरासत में लिया है। आजाद नगर पुलिस के मुताबिक, पालदा निवासी शिव पाटिल कैटरिंग का काम करते हैं। वह मंत्री कैलाश विजयवर्गीय से जुड़े हुए हैं और उनके आयोजनों में रसोई बनाने का काम भी करते हैं। दो किस्तें बाउंस होने पर वसूली करने पहुंचे थे पुलिस को दी शिकायत में शिव पाटिल की बेटी संस्कृति ने बताया कि 20 अगस्त को दोपहर करीब 2 से 2:10 बजे के बीच प्रणय, आयुष, सुनील और शशिकांत नाम के युवक उनके ऑफिस पहुंचे। उन्होंने खुद को पिरामल फाइनेंस एनबीएफसी की ओर से कार लोन की वसूली के लिए आने वाला बताया। युवकों ने कहा कि कार नंबर MP09ZX7814 की दो किस्तें बाउंस हो गई हैं और तत्काल किस्त की राशि जमा करनी होगी। शिव पाटिल ने युवकों को बताया कि किस्त बैंक की गलती के कारण बाउंस हुई है। उन्होंने यह भी कहा कि कार बेचकर लोन फोरक्लोज करने की प्रक्रिया चल रही है। आरोप है कि युवक इस बात से सहमत नहीं हुए और इसी को लेकर शिव पाटिल, उनकी बेटी संस्कृति और बेटे यशवंत से विवाद करने लगे। परिवार को अपशब्द कहे, तोड़फोड़ के आरोप आरोप है कि विवाद बढ़ने पर युवकों ने अपशब्द कहे और मारपीट की। इसके बाद वे दोबारा ऑफिस में घुसे और गेट, कंप्यूटर समेत अन्य सामान में तोड़फोड़ कर नुकसान पहुंचाया। घटना के बाद संस्कृति ने पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर सीसीटीवी फुटेज जब्त किए। फुटेज में ऑफिस में हंगामा और तोड़फोड़ की घटना रिकॉर्ड हुई है। पुलिस ने शिकायत के आधार पर आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज कर उन्हें हिरासत में लिया है। मामले में पुलिस आगे की जांच कर रही है।
झाबुआ में विवाहिता की मौत:ससुराल पर प्रताड़ना का आरोप, परिजन शव मायके ले गए
झाबुआ जिले के कालीदेवी क्षेत्र में एक विवाहिता की मौत का मामला सामने आया है। शुक्रवार को जिला चिकित्सालय में पोस्टमार्टम के दौरान मृतका के परिजनों ने ससुराल पक्ष पर गंभीर प्रताड़ना का आरोप लगाया। उन्होंने तत्काल एफआईआर दर्ज करने की मांग की, जिससे स्थिति तनावपूर्ण हो गई। मृतका की पहचान अंजलि उर्फ रेखा, पति सुनील बोरेचा के रूप में हुई है। उसकी शादी तीन साल पहले हुई थी और उसका एक छोटा बेटा भी है। अंजलि का मायका कल्याणपुरा में है और उसके पिता का नाम रमेश मकवाना है। मायके पक्ष का आरोप है कि ससुराल पक्ष की प्रताड़ना के कारण अंजलि ने यह कदम उठाया। परिजनों ने यह भी बताया कि अंजलि को कल्याणपुरा स्थित अपने मायके जाने या फोन पर किसी से बात करने की अनुमति नहीं थी। गुरुवार को घटना के बाद आक्रोशित परिजन पोस्टमार्टम रूम से शव निकालकर सीधे ससुराल के बाहर ले गए। शाम को उन्होंने कालीदेवी में इंदौर-अहमदाबाद फोरलेन पर शव रखकर चक्काजाम कर दिया। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर परिजनों को समझाइश दी, जिसके बाद कुछ देर के लिए जाम खुल गया। हालांकि, परिजन दोबारा शव को ससुराल के सामने ले आए। काफी मशक्कत और लंबी समझाइश के बाद रात करीब 8 बजे शव को जिला अस्पताल भेजा गया। शुक्रवार को डॉक्टरों की पैनल द्वारा उसका पोस्टमार्टम किया गया। दोपहर एक बजे शव लेकर गए परिजन कालीदेवी टीआई जयराज सोलंकी ने बताया कि परिजनों द्वारा कुछ देर के लिए चक्काजाम किया गया था, जिसे पुलिस ने तुरंत खुलवा दिया। पुलिस ने मर्ग कायम कर लिया है और मामले की निष्पक्ष जांच की जा रही है, जिसके आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। पोस्टमार्टम के बाद दोपहर करीब 1 बजे युवती के शव को अंतिम संस्कार के लिए मायके ले जाया गया। अस्पताल की अन्य तस्वीरें…
बूंदी के नैनवा मार्ग स्थित शिवम गार्डन में 'एक शाम शहीदों के नाम' देशभक्ति कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) के चित्तौड़ प्रांत प्रचारक मुरलीधर मुख्य वक्ता के रूप में मौजूद रहे। सह क्षेत्र कार्यवाह गेंदालाल भी कार्यक्रम में मौजूद रहे। बड़ी संख्या में नागरिकों ने कार्यक्रम में भाग लिया। भगत सिंह से रोशन सिंह तक का किया स्मरणप्रांत प्रचारक मुरलीधर ने अपने संबोधन में स्वाधीनता संग्राम के बलिदानियों को नमन किया। उन्होंने कहा कि देश की स्वतंत्रता के इतिहास को सही परिप्रेक्ष्य में समझना आवश्यक है। उन्होंने भगत सिंह, चंद्रशेखर आजाद, महारानी लक्ष्मीबाई, रामप्रसाद बिस्मिल और ठाकुर रोशन सिंह के बलिदान को याद किया। गुलामी की मानसिकता छोड़ने का आह्वानमुरलीधर ने कहा कि ऐसे क्रांतिकारी विचारों के कारण ही भारत विश्वगुरु बना था। उन्होंने गुलामी की मानसिकता पर चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि अंग्रेजी भाषा का अत्यधिक उपयोग, अंग्रेजी पद्धति से जन्मदिन मनाना और अंग्रेजी में हस्ताक्षर करना इसी मानसिकता के प्रतीक हैं। उन्होंने लोगों से अपनी सांस्कृतिक जड़ों से जुड़ने और भारतीय परंपराओं के अनुसार जीवन जीने का आह्वान किया। विभाजन के दर्द को नहीं भूलने की बातप्रांत प्रचारक ने 14 अगस्त के विभाजन का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि विभाजन के दौरान हुआ रक्तपात और विस्थापन ऐसा दर्द है, जिसे भुलाया नहीं जा सकता। चंद्रमा के दक्षिणी ध्रुव तक भारत की प्रगतिमुरलीधर ने भारत की वर्तमान प्रगति का उल्लेख करते हुए कहा कि देश आज प्रक्षेपास्त्र प्रौद्योगिकी से लेकर चंद्रमा के दक्षिणी ध्रुव तक हर क्षेत्र में नई ऊंचाइयां छू रहा है। उन्होंने कहा कि देश की प्रगति के साथ नागरिकों में राष्ट्रहित की भावना भी मजबूत होनी चाहिए। दैनिक जीवन में राष्ट्रहित ही सच्ची देशभक्तिकार्यक्रम के अंत में मुरलीधर ने देशभक्ति की सच्ची परिभाषा बताते हुए कहा कि केवल सीमा पर लड़ना ही देशभक्ति नहीं है, बल्कि दैनिक जीवन में राष्ट्रहित को सर्वोपरि रखना ही सच्ची भारत भक्ति है। उन्होंने पानी और बिजली बचाने, हिंदी में हस्ताक्षर करने और सनातन संस्कृति के अनुसार त्योहार मनाने का संकल्प लेने का आह्वान किया। देशभक्ति गीतों से हुआ समापनकार्यक्रम का समापन देशभक्ति गीतों की प्रस्तुति के साथ हुआ। गीतों के दौरान माहौल देशभक्ति से सराबोर हो गया और बड़ी संख्या में मौजूद नागरिकों ने उत्साह के साथ सहभागिता की।
चंदौली कलेक्ट्रेट में तैनात मुंशी अजीत कुमार (36) की शुक्रवार को सड़क हादसे में मौत हो गई। दुर्घटना सदर कोतवाली क्षेत्र के जगदीश सराय गांव के पास नेशनल हाईवे पर हुई। अजीत कुमार बाइक से अपने घर से कलेक्ट्रेट स्थित कार्यालय जा रहे थे। इसी दौरान तेज रफ्तार ट्रक ने उनकी बाइक में जोरदार टक्कर मार दी। हादसे में वह गंभीर रूप से घायल हो गए और मौके पर ही उनकी मौत हो गई। मृतक की पहचान सदलपुर गांव निवासी अजीत कुमार के रूप में हुई है। बताया गया कि शुक्रवार को वह रोज की तरह बाइक से कार्यालय के लिए निकले थे। जगदीश सराय गांव के पास पहुंचते ही एक तेज रफ्तार ट्रक ने उनकी बाइक को अपनी चपेट में ले लिया। टक्कर इतनी जोरदार थी कि अजीत सड़क पर गिर गए और गंभीर चोट लगने के कारण उन्होंने मौके पर ही दम तोड़ दिया। पुलिस ने शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा हादसे के बाद आसपास के ग्रामीण मौके पर पहुंचे और घटना की सूचना सदर कोतवाली पुलिस को दी। सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची और घटनास्थल का निरीक्षण किया। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर आवश्यक कार्रवाई पूरी की और पोस्टमार्टम के लिए जिला अस्पताल भेज दिया। हादसे के बाद पुलिस ने घटना से जुड़े तथ्यों की जानकारी जुटानी शुरू कर दी है। ट्रक और उसके चालक के संबंध में भी जानकारी एकत्र की जा रही है। पुलिस का कहना है कि मामले में नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी। अजीत कुमार की सड़क हादसे में मौत की खबर मिलते ही कलेक्ट्रेट कर्मचारियों में शोक की लहर दौड़ गई। बड़ी संख्या में कर्मचारी जिला अस्पताल स्थित पोस्टमार्टम हाउस पहुंचे। सहकर्मियों ने मृतक के परिजनों को ढांढस बंधाया और घटना पर दुख जताया। कर्मचारियों का कहना था कि अजीत कुमार अपने काम के प्रति जिम्मेदार थे। उनके अचानक निधन से कार्यालय में भी शोक का माहौल बना हुआ है। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। ट्रक चालक की भूमिका की जांच सदर प्रभारी निरीक्षक बीपी पांडेय ने बताया कि सड़क हादसे में एक युवक की मौत हुई है। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और मामले में आवश्यक कार्रवाई की जा रही है। हादसे की परिस्थितियों की जांच की जा रही है। घटना के बाद जगदीश सराय क्षेत्र में भी कुछ समय के लिए आवागमन प्रभावित रहा। पुलिस ने स्थिति सामान्य कराई। अजीत कुमार की मौत से परिवार के साथ-साथ कलेक्ट्रेट कर्मियों और परिचितों में भी शोक व्याप्त है।
लद्दाख में लंबे इंतजार के बाद जमीनी स्तर पर लोकतंत्र बहाल करने के लिए पंचायत चुनाव कराने का फैसला लिया गया है। केंद्र शासित प्रदेश प्रशासन ने राज्य चुनाव आयोग को मतदाता सूची में संशोधन और चुनाव अधिसूचना जारी करने के लिए कहा है।
रायबरेली सिविल कोर्ट परिसर में अधिवक्ताओं ने न्यायिक अधिकारियों के कथित भ्रष्टाचार, अधिवक्ताओं के प्रति दुर्व्यवहार और न्यायालय परिसर में व्याप्त अव्यवस्थाओं के विरोध में मोर्चा खोल दिया है। यह अनिश्चितकालीन धरना 17 अगस्त 2026 से शुरू हुआ है और 21 अगस्त 2026, शुक्रवार को भी जारी रहा। धरने के आयोजकों का आरोप है कि सिविल कोर्ट के कुछ न्यायिक अधिकारियों का व्यवहार और कार्यप्रणाली संतोषजनक नहीं है। अधिवक्ताओं का कहना है कि न्यायालय में आने वाले अधिवक्ताओं के साथ अपेक्षित सम्मानजनक व्यवहार नहीं किया जा रहा है। इसके अतिरिक्त, न्यायालय परिसर में विभिन्न प्रकार की अव्यवस्थाओं के कारण अधिवक्ताओं और वादकारियों को भी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। अधिवक्ताओं ने इन समस्याओं के समाधान की मांग को लेकर अपना आंदोलन जारी रखने की बात कही है। 17 अगस्त से शुरू हुआ आंदोलन बैनर के अनुसार, आंदोलन की शुरुआत 17 अगस्त 2026 से सिविल कोर्ट परिसर में की गई है। आयोजकों ने इसे अनिश्चितकालीन बताते हुए कहा है कि जब तक संबंधित समस्याओं पर उचित कार्रवाई और समाधान की दिशा में कदम नहीं उठाए जाते, तब तक धरना जारी रखा जाएगा। अधिवक्ताओं का कहना है कि न्यायालय परिसर न्याय दिलाने का प्रमुख केंद्र है, ऐसे में वहां काम करने वाले अधिवक्ताओं और आने वाले वादकारियों के लिए बेहतर एवं व्यवस्थित वातावरण होना आवश्यक है। उनका आरोप है कि मौजूदा परिस्थितियों में कई स्तर पर समस्याएं सामने आ रही हैं, जिन पर जिम्मेदार अधिकारियों को गंभीरता से विचार करना चाहिए। अधिवक्ताओं से सहयोग की अपील धरने के लिए लगाए गए बैनर में सभी अधिवक्ताओं से आंदोलन में सहयोग की अपील की गई है। आयोजकों का कहना है कि यह आंदोलन अधिवक्ताओं के सम्मान, न्यायिक व्यवस्था में पारदर्शिता और कोर्ट परिसर की व्यवस्थाओं में सुधार की मांग को लेकर किया जा रहा है। हालांकि, बैनर में लगाए गए भ्रष्टाचार संबंधी आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हो सकी है। ऐसे में इन आरोपों पर संबंधित न्यायिक अधिकारियों अथवा प्रशासन का पक्ष सामने आने के बाद ही तस्वीर पूरी तरह स्पष्ट हो सकेगी। फिलहाल सिविल कोर्ट परिसर में अधिवक्ताओं के अनिश्चितकालीन धरने से न्यायिक व्यवस्था और परिसर की गतिविधियों पर लोगों की नजर बनी हुई है।
पीलीभीत में KGBV की बेटियों ने DM को बांधी राखी:सीमा पर तैनात जवानों के लिए भी भेजा रक्षासूत्र
पीलीभीत में रक्षाबंधन पर्व के उपलक्ष्य में कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालयों (KGBV) की छात्राओं ने जिलाधिकारी ज्ञानेंद्र सिंह को हस्तनिर्मित राखियां बांधीं। छात्राओं ने भारत-नेपाल सीमा पर तैनात सुरक्षा बल के जवानों के लिए भी स्नेह स्वरूप राखियां भेजीं। शुक्रवार को जिला मुख्यालय पहुंचीं जनपद के सभी 9 कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालयों से कुल 18 छात्राओं ने उत्साहपूर्वक जिलाधिकारी की कलाई पर रक्षासूत्र बांधकर उनका आशीर्वाद लिया। जिलाधिकारी ज्ञानेंद्र सिंह ने सभी छात्राओं को पर्व की बधाई दी और उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। उन्होंने छात्राओं के हुनर की सराहना करते हुए कहा कि कस्तूरबा विद्यालयों की बेटियां शैक्षणिक व अन्य गतिविधियों में उत्कृष्ट प्रदर्शन कर रही हैं। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि ये छात्राएं अपनी मेहनत और लगन से उच्च पदों पर आसीन होकर राष्ट्र निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगी। जिलाधिकारी ने आवासीय विद्यालयों की व्यवस्थाओं को और बेहतर बनाने की प्रतिबद्धता भी दोहराई। उन्होंने बताया कि प्रशासन द्वारा कस्तूरबा विद्यालयों की सभी मूलभूत आवश्यकताओं व आधुनिक सुविधाओं का विशेष ध्यान रखा जा रहा है। उन्होंने कहा कि जिले के सभी 9 कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालयों को प्रदेश स्तर पर सबसे सुंदर और सर्वसुविधायुक्त मॉडल विद्यालयों के रूप में विकसित किया जाएगा, ताकि छात्राओं को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा और सुरक्षित परिवेश मिल सके। कार्यक्रम के समापन पर जिलाधिकारी ने उपस्थित बेसिक शिक्षा अधिकारी (BSA), शिक्षकों और बालिकाओं के प्रति आभार व्यक्त किया। कस्तूरबा की बालिकाओं द्वारा सरहद के प्रहरियों के लिए राखियां भेजने की इस अनूठी पहल की प्रशासनिक अधिकारियों और शिक्षकों ने सराहना की।
535 किलो मिर्च पाउडर सीज:रक्षाबंधन से पहले खाद्य सुरक्षा विभाग की बड़ी कार्रवाई, जारी रहेगा अभियान
रक्षाबंधन पर्व से पहले खाद्य सुरक्षा विभाग ने डीडवाना-कुचामन में मिलावटी खाद्य सामग्री के खिलाफ अभियान तेज कर दिया है। इसी क्रम में 'शुद्ध आहार—मिलावट पर वार' अभियान के तहत शेरानी आबाद स्थित एरोमेटिक इंटरप्राइजेज और बाबा रामदेव स्वीट एवं बेकरी का निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान टीम ने लाल मिर्च पाउडर और गुलाब जामुन के नमूने लिए। लाल मिर्च पाउडर के अमानक होने की आशंका पर मौके से 535 किलोग्राम मिर्च पाउडर जब्त कर लिया गया। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. नरेंद्र चौधरी ने बताया कि आमजन को शुद्ध और गुणवत्तापूर्ण खाद्य सामग्री उपलब्ध कराने के उद्देश्य से लगातार खाद्य प्रतिष्ठानों का निरीक्षण किया जा रहा है। लिए गए नमूनों को जांच के लिए जन प्रयोगशाला भेजा जाएगा। जांच रिपोर्ट मिलने के बाद खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम, 2006 के तहत नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी। जिला प्रशासन और खाद्य सुरक्षा विभाग ने आमजन से अपील की है कि वे केवल लाइसेंसधारी और विश्वसनीय विक्रेताओं से ही खाद्य सामग्री खरीदें। पैक खाद्य सामग्री खरीदते समय पैकेजिंग और उपयोग की अंतिम तिथि की जांच अवश्य करें। इस कार्रवाई के दौरान खाद्य सुरक्षा अधिकारी बाबूलाल, इरशाद खान, मधु यादव और सहायक कर्मचारी राजूराम मौजूद रहे।
जसवंतपुर के उच्च प्राथमिक विद्यालय में जलभराव:पढ़ाई और परीक्षा प्रभावित, ग्रामीण परेशान
औरैया के जसवंतपुर स्थित उच्च प्राथमिक विद्यालय में जलभराव के कारण विद्यार्थियों की पढ़ाई प्रभावित हो रही है। विद्यालय परिसर और आसपास पानी भरने से बच्चों को स्कूल पहुंचने में परेशानी हो रही है। स्कूल के कमरों तक पानी पहुंच गया है, जबकि मुख्य रास्ता पूरी तरह तालाब में तब्दील हो गया है। पानी में चलकर स्कूल पहुंच रहे बच्चे जलभराव के कारण विद्यार्थियों और शिक्षकों को पानी से होकर विद्यालय पहुंचना पड़ रहा है। विद्यालय की शिक्षिका मुन्नी देवी ने बताया कि बच्चों को मजबूरी में पानी में घुसकर स्कूल आना पड़ रहा है। शुक्रवार को विद्यालय में परीक्षा भी प्रस्तावित थी, लेकिन जलभराव के कारण विद्यार्थियों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ा। नाला बंद होने से निकासी रुकी ग्रामीणों का आरोप है कि क्षेत्र में प्रॉपर्टी डीलरों ने नाला बंद कर दिया है। इससे बारिश के पानी की निकासी रुक गई और विद्यालय के आसपास लगातार जलभराव की स्थिति बनी हुई है। ग्रामीणों का कहना है कि नाला खुलने के बाद ही पानी की समस्या का समाधान हो सकता है। अधिकारियों से तत्काल कार्रवाई की मांग ग्रामीणों और शिक्षकों ने संबंधित अधिकारियों से मामले का संज्ञान लेकर बंद नाले को तत्काल खुलवाने और पानी की निकासी की व्यवस्था कराने की मांग की है। उनका कहना है कि जलभराव के कारण बच्चों की पढ़ाई और परीक्षाएं प्रभावित हो रही हैं। समस्या का जल्द समाधान नहीं हुआ तो विद्यार्थियों को और परेशानी उठानी पड़ सकती है।
टीकमगढ़ जिले में जल संकट से जूझ रहे ग्रामीणों ने शुक्रवार को सड़क जाम कर विरोध प्रदर्शन किया। बल्देवगढ़ थाना क्षेत्र के भेलसी गांव के निवासियों ने बल्देवगढ़-खरगापुर रोड पर चक्का जाम कर दिया। ग्रामीणों के अनुसार, गांव में कई दिनों से पीने के पानी की गंभीर किल्लत है। हैंडपंप खराब पड़े हैं और नल-जल योजना से पानी की आपूर्ति नहीं हो रही है। इस संबंध में सरपंच और अधिकारियों से कई बार शिकायतें की गईं, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई। आक्रोशित महिला-पुरुषों ने सड़क पर बैठकर यातायात बाधित किया, जिससे सड़क के दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं। इस दौरान दो एंबुलेंस, यात्री बसों सहित कई वाहन जाम में फंसे रहे, जिससे लोगों को आवागमन में भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। सूचना मिलने पर बल्देवगढ़ थाना पुलिस और तहसील प्रशासन मौके पर पहुंचा। अधिकारियों ने ग्रामीणों को समझाने का प्रयास किया, लेकिन वे अपनी मांगों पर अड़े रहे। टैंकरों से पानी पहुंचाने का आश्वासन ग्रामीणों की मांग थी कि गांव में तत्काल पानी की आपूर्ति शुरू की जाए और खराब हैंडपंपों की मरम्मत की जाए। काफी देर तक चली बातचीत के बाद, प्रशासन ने 24 घंटे के भीतर टैंकरों से पानी पहुंचाने और हैंडपंपों की मरम्मत करने का आश्वासन दिया, जिसके बाद ग्रामीणों ने जाम हटा लिया। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही पानी की समस्या का समाधान नहीं किया गया, तो वे फिर से आंदोलन करेंगे।
गुरुग्राम शहर में सेक्टर-90 चौक के पास गुलमोहर फॉर्म हाउस के सामने एक तेज रफ्तार प्राइवेट बस ने बाइक को सीधी टक्कर मार दी। हादसे में बाइक पर सवार दो युवकों की मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई। मृतकों की पहचान चरखी दादरी के रहने वाले अनिरुद्ध और अतुल के रूप में हुई है। घटना के बाद आरोपी बस ड्राइवर मौके से फरार हो गया। चरखी दादरी के गांव फौगाट के सतेन्द्र का बड़ा बेटा अनिरुद्ध अपने साथी अतुल के साथ बाइक पर सवार होकर गुरुग्राम नौकरी की तलाश में आए थे। दोनों ने 12वीं पास की है। अतुल बाइक चला रहा था और अनिरुद्ध पीछे बैठा था। वे दोनों यदुवंशी स्कूल की तरफ से सेक्टर-90 चौक की ओर जा रहे थे। जैसे ही उनकी बाइक गुलमोहर फार्म हाउस के सामने पहुंची, सामने से आ रही एक तेज रफ्तार बस नंबर HR55AJ8585 के ड्राइवर ने लापरवाही और गफलत से चलाते हुए बाइक को सीधी टक्कर मार दी। टक्कर इतनी जोरदार थी कि बाइक के परखच्चे उड़ गए। अनिरुद्ध और अतुल दोनों ने मौके पर ही दम तोड़ दिया। पीड़ित पिता सतेन्द्र ने बस ड्राइवर के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग की है। शिकायत में कहा कि बस ड्राइवर बेहद तेज गति और लापरवाही से गाड़ी चला रहा था, जिसके कारण दो मासूमों की जान चली गईं। मेहनत-मजदूरी कर परिवार चलाता है पीड़ित हादसे की सूचना मिलते ही अनिरुद्ध के पिता सतेन्द्र मौके पर पहुंचे। उन्होंने वहां पहुंचकर क्षत-विक्षत हालत में पड़े अपने बेटे और उसके साथी के शवों को देखा। पीड़ित पिता ने बताया कि वह मेहनत-मजदूरी करके अपने परिवार का पेट पालते हैं। उनके दो बेटे और दो बेटियां हैं, जिनमें अनिरुद्ध सबसे बड़ा था। बड़े बेटे की अचानक मौत से पूरे परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है और गांव फौगाट में मातम का माहौल है। बचपन में मां-बाप का हो चुका देहांत अतुल भी चरखी दादरी का रहने वाला था, उसके घर में भी कोहराम मचा हुआ है। उसके माता-पिता की बचपन में ही मौत हो चुकी है। सेक्टर-93 पुलिस चौकी इंचार्ज ने बताया कि ड्राइवर के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर बस को जब्त कर लिया गया है। दोनों शवों का पोस्टमार्टम करवा कर परिजनों को सौंप दिया है।
हरियाणा में नगर परिषद कर्मचारियों की हड़ताल 24 अगस्त तक बढ़ा दी गई है। इससे फतेहाबाद सहित प्रदेश के विभिन्न जिलों में सफाई व्यवस्था पूरी तरह चरमरा गई है, जिससे आम जनता को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। हड़ताल बढ़ने से अगले तीन दिनों तक कचरे की समस्या से राहत मिलने की उम्मीद नहीं है। मानसून में जगह-जगह लगे कचरे के ढेर सड़ने लगे हैं, जिससे बीमारियों के फैलने का खतरा लगातार बढ़ रहा है। कचरे की समस्या से निपटने पर चर्चा कर्मचारियों का धरना प्रदर्शन लगातार 16वें दिन भी जारी रहा। हड़ताल के 16वें दिन जनसंगठनों ने एक विशेष बैठक आयोजित की। इसमें शहरवासियों और विभिन्न वर्गों के लोगों से हड़ताल के कारण उत्पन्न कचरे की समस्या से निपटने और उसके समाधान पर चर्चा की गई। नगर परिषद के कच्चे और पक्के कर्मचारियों की प्रमुख मांगों में कच्चे कर्मचारियों को जल्द से जल्द पक्का करना, वेतनमान में बढ़ोतरी करना और समान काम के लिए समान वेतन की नीति लागू करना शामिल है। आंदोलन जारी रखने की चेतावनी कर्मचारी नेताओं ने स्पष्ट किया है कि जब तक सरकार उनकी जायज मांगों को स्वीकार नहीं करती, तब तक उनका आंदोलन जारी रहेगा। हड़ताल तीन दिन और बढ़ने से 24 अगस्त तक सफाई व्यवस्था बहाल होने की संभावना नहीं है, जिससे आने वाले दिनों में शहरवासियों की मुश्किलें और बढ़ सकती हैं।
ग्वालियर के पड़ाव चौराहे पर गुरुवार देर रात मारपीट का मामला सामने आया है। फरियादी पीयूष धवल ने लवलीन जादौन और अंश वैस पर बेल्ट से मारपीट, जातिसूचक गालियां देने और पुलिस में शिकायत करने पर जान से मारने की धमकी देने का आरोप लगाया है। घटना में पीयूष सहित तीन लोग घायल हुए हैं। शिकायत के आधार पर पड़ाव थाना पुलिस ने दोनों आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। अश्लील गालियां देकर बेल्ट से पीटा पीयूष ने पुलिस को बताया कि पड़ाव चौराहे पर लवलीन जादौन और अंश वैस ने उसके साथ गाली-गलौज शुरू कर दी। आरोप है कि दोनों ने उसे अश्लील गालियां दीं और बेल्ट से उसकी, कृष्णा और आसिफ अली की मारपीट की। पीयूष ने आरोप लगाया कि दोनों ने उसे जातिसूचक गालियां भी दीं। मारपीट के दौरान उसके सिर में चोट लगी, जिससे खून निकल आया। शरीर पर भी कई जगह मूंदी चोटें आई हैं। पुलिस में रिपोर्ट करने पर दी धमकी मारपीट में आसिफ अली के बाएं हाथ की उंगली और बाएं कंधे में मूंदी चोट लगी है। वहीं, कृष्णा की पीठ में चोट आई है। मारपीट के बाद दोनों आरोपी मौके से चले गए। जाते समय लवलीन जादौन ने पीयूष को धमकी दी कि अगर उसने पुलिस में शिकायत की तो उसे जान से मार देगा। पुलिस ने दर्ज किया मामला घटना के बाद पीयूष पड़ाव थाने पहुंचा और पुलिस को पूरी जानकारी दी। उसकी शिकायत पर पुलिस ने लवलीन जादौन और अंश वैस के खिलाफ संबंधित धाराओं में मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस का कहना है कि जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
मुजफ्फरपुर में गन प्वाइंट पर बाजार समिति के व्यापारी से 3.18 लाख की लूट, छह बदमाश फरार
Gunpoint Robbery Muzaffarpur: मुजफ्फरपुर में ब्रह्मपुरा थाना क्षेत्र के चांदनी चौक के पास बाइक सवार छह बदमाशों ने बाजार समिति के एक व्यापारी से गन प्वाइंट पर 3.18 लाख रुपये लूट लिए। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
आठ सालों में चेयरमैन एन चंद्रशेखरन का वेतन तीन गुना बढ़ा, पर टाटा संस का मुनाफा घटा
एन चंद्रशेखरन का वेतन आठ वर्षों में 55.1 करोड़ से बढ़कर 158.7 करोड़ रुपये हुआ, जबकि इसी अवधि में टाटा संस का मुनाफा 11.9% घट गया। उनके वेतन का अधिकांश हिस्सा कमीशन-आधारित था, और उनकी वेतन वृद्धि समूह की सूचीबद्ध कंपनियों के लाभ से भी अधिक रही।
श्रीगंगानगर जिले के श्रीकरणपुर में चोरी की वारदातें थमने का नाम ही नहीं ले रही है। एक के बाद एक हो रही चोरी की वारदातों ने लोगों में दहशत का माहौल बना हुआ है। बीती रात चोरों ने बस स्टैंड के नजदीक एक किराना की दुकान में धावा बोल दिया। चोर दुकान के ताले तोड़कर अंदर घुसकर कैश और सामान चोरी कर ले गए। घटना श्रीकरणपुर थाना क्षेत्र की है। चोर DVR भी साथ ले गए जानकारी अनुसार, गुरुवार देर रात को बस स्टैंड पर स्थित इंद्रकुमार-पवन कुमार की किराना की दुकान में चोरों ने वारदात को अंजाम दिया। चोरों ने गल्ले में रखे 20 हजार से अधिक कैश, गोशाला और आसरा ट्रस्ट के पैसों से भरे गुल्लक चुराकर ले गए। वारदात को अंजाम देने के बाद चोरों ने दुकान में लगा DVR भी उठा लिया, ताकि सीसीटीवी फुटेज उनके हाथ न लग सके। चोरी की घटनाओं को लेकर पुलिस के प्रति रोष शुक्रवार सुबह घटना की सूचना मिलते ही जिला प्रमुख दुलाराम मेघवाल, पूर्व पालिकाध्यक्ष जुगल किशोर सैन, किरयाना यूनियन अध्यक्ष शैम्पी गुम्बर, आसरा ट्रस्ट संयोजक नरेश परनामी सहित बड़ी संख्या में लोग और पुलिस मौके पर पहुंचे। लगातार हो रही चोरी की घटनाओं को लेकर लोगों में पुलिस प्रशासन के प्रति गहरा रोष नजर आया। लोगों ने क्षेत्र में गश्त बढ़ाने और चोरों पर जल्द कार्रवाई की मांग की। एक दिन पहले भी इलाके में चोरी हुई थी गौरतलब है कि एक दिन पहले ही श्रीकरणपुर में एक घर में घुसकर चोरों ने महिला को बेहोश कर घर में पड़े संदूक से सोने की बालियां लूट ली थीं। फिलहाल पुलिस ने मौके पर पहुंचकर जांच शुरू कर दी है। हालांकि, पुलिस अभी तक एक भी चोर को पकड़ नहीं पाई।
जादवपुर यूनिवर्सिटी में झड़प के दौरान क्षतिग्रस्त हुआ ऐतिहासिक प्रतीक, नंदलाल बोस ने किया था डिजाइन
जादवपुर विश्वविद्यालय परिसर में वामपंथी छात्र संगठनों और एबीवीपी समर्थकों के बीच झड़प हुई, जिसमें नंदलाल बोस द्वारा डिजाइन किया गया ऐतिहासिक प्रतीक चिन्ह क्षतिग्रस्त हो गया।
रायबरेली के अमावा विकासखंड स्थित सिधौना बिजली उपकेंद्र पर ग्रामीणों ने शुक्रवार दोपहत 12 बजे प्रदर्शन किया। रसेहता ग्राम सभा के दर्जनों उपभोक्ताओं ने बिजली विभाग की कार्यप्रणाली और संविदा कर्मियों द्वारा अवैध वसूली के खिलाफ आवाज उठाई। ग्रामीणों का आरोप है कि गांव का ट्रांसफॉर्मर और पूरी बिजली लाइनें जर्जर हो चुकी हैं। इसके कारण हर कुछ दिनों में ट्रांसफॉर्मर का फ्यूज उड़ जाता है या बिजली आपूर्ति ठप हो जाती है, जिससे पूरा गांव अंधेरे में डूब जाता है। प्रदर्शनकारी ग्रामीण संदीव कुमार सविता और अतीकुन्निसां ने बताया कि लाइन खराब होने पर उपकेंद्र के संविदा कर्मचारी मरम्मत के नाम पर हर घर से पैसे मांगते हैं। ग्रामीणों ने यह भी आरोप लगाया कि कर्मचारी बिना तकनीकी जानकारी वाले लोगों को चलती लाइन ठीक करने भेज देते हैं, जिससे बड़े हादसे का खतरा रहता है। ग्रामीणों से चंदा वसूलकर इकट्ठा किए गए पैसों के कथित दुरुपयोग का आरोप भी लगाया गया। उपभोक्ताओं ने विभागीय अधिकारियों से कहा कि वे नियमित रूप से बिजली बिल का भुगतान करते हैं। उन्होंने मांग की कि यदि विभाग को बिजली चोरी का संदेह है, तो गांव में जांच कर कार्रवाई करे, लेकिन आम जनता का उत्पीड़न बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। प्रदर्शन के दौरान उपभोक्ताओं और मौके पर मौजूद जूनियर इंजीनियर (जेई) के बीच बातचीत हुई। ग्रामीणों की मांगों को देखते हुए जेई ने तुरंत समस्या के समाधान का आश्वासन दिया। उन्होंने कहा कि जर्जर लाइनों और ट्रांसफॉर्मर की तकनीकी खामियों को जल्द ठीक किया जाएगा। साथ ही, मरम्मत के नाम पर पैसे मांगने वाले संविदा कर्मियों की पहचान कर उनके खिलाफ सख्त कानूनी और प्रशासनिक कार्रवाई की जाएगी।
लद्दाख प्रशासन ने लेह हिंसा से जुड़े 25 लोगों पर से FIR वापस लेने और जल्द पंचायत चुनाव कराने की घोषणा की है। यह फैसला लेह एपेक्स बॉडी और कारगिल डेमोक्रेटिक अलायंस की मांगों पर आंशिक रूप से झुकते हुए लिया गया है।
Tata Steel लुधियाना ने रचा नया इतिहास! BIS लाइसेंस पाने वाली देश की पहली कंपनी बनी
टाटा स्टील लुधियाना ने अष्टकोणीय बिलेट के उत्पादन के लिए भारतीय मानक ब्यूरो (BIS) से लाइसेंस प्राप्त कर देश का पहला इस्पात उत्पादक बन गया है। यह बिलेट टाटा टिसकॉन टीएमटी सरिया बनाने में उपयोग होगा, जिससे मजबूत और लचीले निर्माण सामग्री का उत्पादन होगा, साथ ही हरित इस्पात निर्माण को बढ़ावा मिलेगा।
जगराओं के सुधार बाजार में शुक्रवार तड़के आईसीआईसीआई बैंक के एटीएम में लूट का प्रयास किया गया। नकाबपोश बदमाशों ने एटीएम तोड़कर कैश निकालने की कोशिश की, लेकिन इसी दौरान अलार्म बज गया। अलार्म बजते ही बदमाश मौके से फरार हो गए। घटना की सूचना मिलने के बाद पुलिस ने जांच शुरू कर दी है। यह घटना शुक्रवार सुबह करीब सवा तीन बजे हुई। कुछ अज्ञात नकाबपोश व्यक्ति सुधार बाजार स्थित ICICI बैंक शाखा के एटीएम में दाखिल हुए। उन्होंने एटीएम मशीन से छेड़छाड़ कर उसे तोड़ने और कैश निकालने का प्रयास किया। इसी दौरान अलार्म बज गया, जिसके बाद बदमाश मौके से फरार हो गए। बिना कैश लूटे ही मौके से फरार हो गए बदमाश सायरन की आवाज सुनकर बदमाश घबरा गए और बिना कैश लूटे ही मौके से फरार हो गए। अलार्म बजने की सूचना मिलते ही थाना सुधार पुलिस तुरंत घटनास्थल पर पहुंची और एटीएम के साथ आसपास के इलाके का जायजा लिया। समय रहते अलार्म बजने से बड़ी वारदात टल गई। CCTV कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। आरोपियों की पहचान के लिए आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है। पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि वारदात में कितने लोग शामिल थे और वे किस दिशा में फरार हुए। SHO बोले- आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी होगी थाना सुधार के एसएचओ कुलविंदर सिंह ने बताया कि कुछ नकाबपोश युवक ICICI बैंक के एटीएम में दाखिल हुए थे। मशीन से छेड़छाड़ की कोशिश की, लेकिन एटीएम टूटा नहीं। उन्होंने पुष्टि की कि अलार्म बजते ही बदमाश मौके से फरार हो गए। एसएचओ ने कहा कि पुलिस आरोपियों की पहचान कर जल्द उन्हें गिरफ्तार कर लेगी।
सिरसा पुलिस अधीक्षक दीपक सहारण ने शुक्रवार को रानियां थाने का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने डीएसपी सुभाष रानियां, थाना प्रभारी रामकुमार, एमएचसी राजेश कुमार और अन्य जांच अधिकारियों के साथ एक बैठक की। एसपी ने अधिकारियों को लंबित मामलों का जल्द से जल्द निपटान करने के निर्देश दिए। एसपी ने आम लोगों की समस्याएं भी सुनीं। मीडिया से बातचीत करते हुए एसपी दीपक सहारण ने बताया कि सभी जांच अधिकारियों को लंबित शिकायतों का त्वरित निपटान करने की हिदायत दी गई है। उन्होंने रानियां पुलिस द्वारा नशे की रोकथाम के लिए उठाए जा रहे कदमों की सराहना की। नशा तस्करों के ठिकानों पर दबिश दे रही पुलिस : एसपी मीडिया से बात करते हुए एसपी ने कहा कि पुलिस लगातार नशा तस्करों के ठिकानों पर दबिश दे रही है। उन्होंने युवा पीढ़ी को नशे के दलदल से बचाने के लिए माता-पिता से भी अपील की। एसपी ने अभिभावकों से आग्रह किया कि वे अपने बच्चों को स्वयं डी-एडिक्शन सेंटर में भर्ती कराएं ताकि वे नशे की लत छोड़ सकें। रानियां खेल स्टेडियम के नशेडियों का अड्डा बनने संबंधी सवाल पर एसपी सहारण ने जवाब दिया कि स्टेडियम में पुलिस की एक टीम तैनात की जाएगी। यह टीम समय-समय पर छापेमारी कर वहां नशा करने वालों पर नकेल कसेगी। उन्होंने जोर देकर कहा कि पुलिस लगातार नशा तस्करों को जेल की सलाखों के पीछे पहुंचाने का काम कर रही है। थाना प्रभारियों के तबादलों को लेकर बोले, कानूनी प्रक्रिया थाना प्रभारियों के लगातार हो रहे तबादलों के बारे में उन्होंने बताया कि यह एक कानूनी प्रक्रिया है जिसे समयानुसार पूरा किया जाता है। जिसके चलते नशे से होने वाले मौतों का ग्राफ में भी अब कमी आ रही है नशा तस्करों को सख्त चेतावनी दी और कहा कि नशा तस्करों की जगह खुले में घूमने के लिए नई है उनकी जगह जेल की सलाखों के पीछे है या तो नशा तस्कर नशा बेचना छोड़ दे या फिर जेल लाने के लिए तैयार रहें।
उन्नाव में 16 घंटे बिजली गुल:लोगों ने सड़क जाम कर लाइनमैन को बनाया बंधक, पुलिस ने खुलवाया रास्ता
उन्नाव की मिश्रा कॉलोनी में करीब 16 घंटे से बिजली आपूर्ति बाधित होने से नाराज लोगों का गुस्सा गुरुवार रात फूट पड़ा। आक्रोशित लोगों ने सड़क जाम कर हंगामा किया और मौके पर पहुंचे लाइनमैन को बंधक बना लिया। सूचना पर कोतवाली पुलिस पहुंची और लोगों को समझाकर शांत कराया। घटना का वीडियो शुक्रवार को सोशल मीडिया पर सामने आया, जिसके बाद बिजली विभाग में भी हड़कंप मच गया। जानकारी के अनुसार, मिश्रा कॉलोनी में गुरुवार सुबह से बिजली आपूर्ति बाधित थी। स्थानीय निवासियों का कहना है कि पहले ट्रांसफार्मर खराब हो गया था। इसके बाद विभाग की ओर से नया ट्रांसफार्मर भेजा गया, लेकिन वह भी खराब निकला। इससे बिजली आपूर्ति बहाल नहीं हो सकी। करीब 16 घंटे तक बिजली न आने से उमस और गर्मी में लोग बेहाल हो गए। रात करीब 11 बजे बड़ी संख्या में लोग सड़क पर एकत्र हो गए। लोगों ने बिजली विभाग के खिलाफ नाराजगी जताते हुए सड़क जाम कर दी। इसी दौरान मौके पर पहुंचे लाइनमैन को लोगों ने घेर लिया और बंधक बना लिया। हंगामे की सूचना पर कोतवाली पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने लोगों को समझाकर शांत कराया और जाम खुलवाया। स्थानीय लोगों का आरोप है कि लगातार कई घंटे तक बिजली न आने के बावजूद समस्या का स्थायी समाधान नहीं किया गया। नया ट्रांसफार्मर लगाए जाने के बाद भी आपूर्ति बहाल न होने से लोगों में नाराजगी और बढ़ गई। शुक्रवार तक भी कॉलोनी की बिजली आपूर्ति बहाल नहीं हो सकी थी, जिससे लोगों की परेशानी बनी हुई है। लोगों ने विभाग से जल्द से जल्द ट्रांसफार्मर बदलकर बिजली आपूर्ति सुचारु कराने की मांग की है। इस संबंध में एक्सईएन भारत गौतम ने बताया कि यह प्रकरण उनके संज्ञान में है। उन्होंने कहा कि मामले की जांच कराई जाएगी और जांच के बाद आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।
पूर्व गृह मंत्री डॉ. नरोत्तम मिश्रा के शुक्रवार सुबह दतिया पहुंचते ही माई कृपा परिसर में समर्थकों का उत्साह देखने को मिला। श्री पीतांबरा पीठ में दर्शन के बाद नरोत्तम मिश्रा अपने निवास माई कृपा पहुंचे। उन्हें देखते ही समर्थकों ने ‘नरोत्तम मिश्रा जिंदाबाद’, ‘देखो-देखो कौन आया, शेर आया-शेर आया’ के नारे लगाने शुरू कर दिए। कार्यकर्ताओं की भीड़ इतनी बढ़ गई कि परिसर में काफी देर तक चहल-पहल बनी रही। समर्थक नरोत्तम मिश्रा से मिलने, हाथ मिलाने और फोटो लेने के लिए उनके आसपास जुट गए। मिश्रा ने भी कार्यकर्ताओं का अभिवादन स्वीकार किया। इस दौरान दतिया जिले के पूर्व भाजपा जिलाध्यक्ष रघुवीर सिंह कुशवाह भी नरोत्तम के साथ नजर आए। बता दें कि नरोत्तम मिश्रा उपचुनाव के बाद पहली बार दतिया पहुंचे हैं। इशारा किया तो भाजपा जिंदाबाद के नारेसमर्थकों की लगातार नारेबाजी के बीच नरोत्तम मिश्रा ने हाथ के इशारे से उन्हें शांत रहने के लिए कहा। इसके बाद ‘शेर आया-शेर आया’ के नारे थम गए, लेकिन कार्यकर्ताओं का उत्साह कम नहीं हुआ। समर्थकों ने ‘भाजपा जिंदाबाद’ और ‘नरेंद्र मोदी जिंदाबाद’ के नारे लगाने शुरू कर दिए। माई कृपा परिसर कुछ देर तक भाजपा और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के समर्थन में लग रहे नारों से गूंजता रहा। नरोत्तम मिश्रा इस दौरान कार्यकर्ताओं के बीच मौजूद रहे और सभी का अभिवादन करते रहे। पीतांबरा पीठ में दर्शन के बाद पहुंचे माई कृपानरोत्तम मिश्रा का दतिया दौरा पहले से निर्धारित था। शुक्रवार सुबह उन्होंने श्री पीतांबरा पीठ पहुंचकर माई के दर्शन किए। इसके बाद वह माई कृपा पहुंचे, जहां समर्थक और भाजपा कार्यकर्ता पहले से उनका इंतजार कर रहे थे। मीडिया से बातचीत में उन्होंने कहा कि उनका दतिया दौरा राजनीतिक नहीं, बल्कि धार्मिक यात्रा का हिस्सा है। उन्होंने बताया कि डबरा में उनकी बहन के यहां धार्मिक आयोजन है, जिसमें शामिल होने के लिए उन्हें जाना है। इसी दौरान दतिया पहुंचकर उन्होंने माई का आशीर्वाद लिया। दिल्ली यात्रा के सवाल पर भी नहीं बोलेमीडिया ने जब नरोत्तम मिश्रा से राजनीतिक गतिविधियों और उनकी दिल्ली यात्रा को लेकर सवाल किया तो उन्होंने विस्तार से जवाब नहीं दिया। कार्यकर्ताओं की ओर से मिल रहे समर्थन को लेकर उन्होंने इतना कहा कि सभी माई के भक्त हैं। जिला कार्यकारिणी भंग किए जाने को लेकर सवाल किया तो नरोत्तम मिश्रा ने कोई जवाब नहीं दिया। उन्होंने माइक को अपने से दूर कर दिया और इस मुद्दे पर प्रतिक्रिया देने से बचते रहे। करीब आधे घंटे तक माई कृपा में कार्यकर्ताओं के बीच रहने के बाद नरोत्तम मिश्रा डबरा के लिए रवाना हो गए। इस दौरान उन्होंने कोई राजनीतिक भाषण नहीं दिया और न ही उपचुनाव में भाजपा की हार को लेकर टिप्पणी की।
जम्मू की विशेष एनआईए अदालत ने पुलवामा आतंकी हमले की आरोपी इंशा जान की जमानत याचिका खारिज कर दी है।
उमरिया जिले के बिरसिंहपुर पाली थाना क्षेत्र के मुड़ना नदी में बहे बुजुर्ग का शव दो दिन बाद बरामद हुआ है। शव घटना स्थल से करीब 7 किलोमीटर दूर बकेली गांव के पास मिला। एसडीईआरएफ और पुलिस की संयुक्त टीम लगातार शव की खोजबीन कर रही थी। चंदनिया निवासी 50 वर्षीय थैया लाल बैगा मुड़ना नदी पार कर रहे थे। तभी नदी का बहाव अचानक तेज हो गया और बुजुर्ग नदी में बह गए। घटना की सूचना मिलते ही घुनघुटी पुलिस और एसडीईआरएफ की टीम मौके पर पहुंची और तुरंत तलाश अभियान शुरू किया गया। दो दिनों तक नदी और आसपास के क्षेत्रों में खोजबीन के बाद बकेली गांव के पास बुजुर्ग का शव मिला। एसडीईआरएफ अधिकारी राहुल साहू ने बताया कि सर्चिंग अभियान के दौरान शव को बरामद कर लिया गया है और आगे की कानूनी कार्रवाई के लिए पुलिस को शव सौंप दिया है। पुलिस ने शव का पंचनामा तैयार कर पोस्टमार्टम की प्रक्रिया शुरू कर दी है। इस मामले में आगे की जांच जारी है।
उमरिया जिले में मानसून एक बार फिर सक्रिय हो गया है। पिछले सात दिनों से लगातार बारिश का दौर जारी है। भू-संसाधन प्रबंधन विभाग की 21 अगस्त की रिपोर्ट के अनुसार, बीते 24 घंटे में जिले में औसतन 1.91 इंच (48.6 मिमी) बारिश दर्ज की गई। इस दौरान सबसे अधिक बारिश चंदिया में 3.00 इंच दर्ज की गई। मानपुर में 2.69 इंच, करकेली में 1.73 इंच, बिलासपुर में 1.23 इंच, नौरोजाबाद में 1.17 इंच, पाली में 1.07 इंच और बांधवगढ़ में 0.93 इंच बारिश हुई। 1 जून से 21 अगस्त तक जिले में कुल 33.87 इंच बारिश हो चुकी है। यह पिछले वर्ष की इसी अवधि में दर्ज 37.93 इंच बारिश से लगभग 4.06 इंच कम है। जिले की वार्षिक सामान्य औसत बारिश 47.86 इंच है। लगातार हो रही बारिश के कारण जिले की प्रमुख नदियां उमडार, मछडार, महानदी, मुड़ना और जोहिला उफान पर हैं। संजय गांधी ताप विद्युत केंद्र के दो गेट भी एक-एक मीटर खोलकर पानी छोड़ा जा रहा है। पानी छोड़ने की स्थिति पर निगरानी जारी ताप विद्युत केंद्र के अधिकारी मनोज त्रिपाठी ने बताया कि गेट खोलकर पानी छोड़ने की स्थिति पर लगातार निगरानी रखी जा रही है। बारिश से किसानों को राहत मिली है, किसान राजेश के अनुसार यह फसलों के लिए अच्छी है। हालांकि, कई क्षेत्रों में लगातार बारिश के कारण जलभराव की स्थिति बनी हुई है। ग्रामीण मार्गों पर आवागमन भी प्रभावित हुआ है।
शहडोल स्टेशन पर 8.6 किलो गांजा जब्त:ओडिशा के दो आरोपी गिरफ्तार, राजस्थान ले जा रहे थे
शहडोल रेलवे स्टेशन पर आरपीएफ और जीआरपी की संयुक्त टीम ने 8 किलो 600 ग्राम गांजा जब्त किया है। मामले में ओडिशा के दो आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। जब्त गांजे की अनुमानित कीमत 1 लाख 70 हजार रुपए बताई गई है। जानकारी के अनुसार गुरुवार शम आरपीएफ और जीआरपी की टीम रेलवे स्टेशन पर नियमित चेकिंग कर रही थी। इसी दौरान स्टेशन के अंतिम छोर पर दो व्यक्ति संदिग्ध अवस्था में बैठे दिखाई दिए, जो कटनी की ओर जाने वाली ट्रेन का इंतजार कर रहे थे। संदिग्ध गतिविधियों को देखते हुए टीम ने दोनों से पूछताछ की। तलाशी लेने पर उनके पास से 8 किलो 600 ग्राम गांजा बरामद हुआ। गांजा मिलने के बाद दोनों आरोपियों को तत्काल हिरासत में ले लिया गया। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान ओडिशा के कालाहांडी जिले निवासी भक्ता मेहर (40) और राजकुमार निहाल (38) के रूप में हुई है। जीआरपी प्रभारी आरएम झारिया ने बताया कि प्रारंभिक पूछताछ में आरोपियों ने यह गांजा ओडिशा से राजस्थान ले जाने की बात स्वीकार की है। पुलिस ने दोनों आरोपियों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज कर लिया है। अब पुलिस गांजे के सप्लायर और राजस्थान में इसके खरीदारों का पता लगाने में जुटी है। इसके लिए आरोपियों से गहन पूछताछ की जा रही है और उनके संपर्कों की जांच की जा रही है।
भागलपुर जिले में 'स्वच्छ एवं हरित विद्यालय मूल्यांकन' (एसएचवीआर) प्रक्रिया शुरू हो गई है, जिसमें 2489 सरकारी और निजी स्कूल भाग लेंगे। स्कूलों का मूल्यांकन 6 श्रेणियों और 60 संकेतकों पर होगा, और उत्कृष्ट विद्यालयों को राष्ट्रीय स्तर पर पुरस्कृत किया जाएगा।
पीथमपुर तालाब में केमिकल से पानी हुआ लाल:कंपनी पर आरोप- मवेशी बीमार, मछलियां मरने की आशंका
पीथमपुर में बगदून तालाब का पानी कथित तौर पर निजी कंपनी द्वारा छोड़े गए केमिकल के कारण पानी लाल हो गया है। इस जहरीले पानी को पीने से मवेशियों के बीमार होने की सूचना है। वहीं, तालाब में मछलियों के मरने की आशंका भी है। स्थानीय स्तर पर संचालित 'पारस वेलवेज कंपनी प्राइवेट लिमिटेड' पर लोहे के खंभों को रंगने (कोटिंग) का कार्य करने का आरोप है। आरोप है कि इस कार्य में इस्तेमाल होने वाला केमिकल युक्त लाल पानी खुले में बहाया जा रहा है। सड़क किनारे कराया जा रहा नालियों का निर्माण बताया जा रहा है कि औद्योगिक विकास निगम की ओर से सड़क किनारे नालियों का निर्माण कराया गया है। कंपनियों के कचरे और केमिकल्स का प्रबंधन न होने के कारण जहरीला और रंगीन केमिकल इन्हीं नालियों के माध्यम से बगदून तालाब तक पहुंच गया, जिससे तालाब का पानी लाल और दूषित हो चुका है। दूषित पानी को पीने से आसपास के इलाकों के मवेशियों के बीमार होने की सूचना है। इसके अलावा, पानी में ऑक्सीजन की कमी और जहर फैलने के चलते मछलियों के मरने की बात भी कही जा रही है, जिससे स्थानीय लोगों और पर्यावरण प्रेमियों में आक्रोश है। तालाब में मछली पालन करने वाले मोहनलाल गौड़ ने बताया कि यह समस्या पिछले करीब चार साल से है, जिससे मछलियां मर रही हैं। स्थानीय लोगों और मछुआरों ने प्रशासन और प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड से उच्च स्तरीय जांच कर दोषी कंपनी के खिलाफ कार्रवाई करने और तालाब साफ करवाने की मांग की है। नगरपालिका के स्वास्थ निरीक्षक बीएस महते ने बताया कि टीम ने दौरा किया है। जिस कंपनी से पानी बह कर आया है, उसे नोटिस दिया है।
हनुमानगढ़ की ग्राम पंचायत भूनावाली ढाणी में करीब चार माह से बंद पड़े वीबीजी रामजी कार्यों को दोबारा शुरू करवाने की मांग को लेकर ग्रामीणों ने पंचायत समिति की विकास अधिकारी से मुलाकात की। ग्रामीणों ने लंबे समय से रोजगार नहीं मिलने से आर्थिक परेशानी का हवाला देते हुए जल्द काम शुरू करवाने की मांग की। साथ ही चेतावनी दी कि एक सप्ताह में समस्या का समाधान नहीं हुआ तो वे उच्चाधिकारियों से शिकायत के बाद आंदोलनात्मक कदम उठाएंगे। 350 जॉब कार्ड, जरूरतमंद परिवारों को काम का इंतजार ग्राम पंचायत भूनावाली ढाणी निवासी जयदेव मूंड और ख्यालीराम ने बताया कि पंचायत में करीब 350 जॉब कार्ड बने हुए हैं। इनमें अधिकांश आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों के लोग शामिल हैं। बड़ी संख्या में महिलाएं और बुजुर्ग भी जॉब कार्डधारी हैं, जिनके लिए ग्रामीण रोजगार आय का महत्वपूर्ण जरिया है। करीब चार माह से काम ठप होने के कारण इन परिवारों के सामने आर्थिक संकट खड़ा हो रहा है। नहर-नाले के काम शुरू करवाने की मांग ग्रामीणों ने विकास अधिकारी से पंचायत क्षेत्र में वीबीजी रामजी के तहत तत्काल रोजगार उपलब्ध करवाने की मांग की, ताकि जरूरतमंद परिवारों को काम मिल सके। उन्होंने कहा कि लंबे समय से काम बंद होने के कारण रोजगार की तलाश में ग्रामीणों को परेशानी उठानी पड़ रही है। एक सप्ताह का अल्टीमेटम ग्रामीणों ने कहा कि यदि एक सप्ताह के भीतर समस्या का समाधान नहीं हुआ तो वे उच्चाधिकारियों से शिकायत करेंगे। इसके बाद भी रोजगार उपलब्ध नहीं होने पर आंदोलन करने को मजबूर होंगे। विकास अधिकारी ने दिया जल्द समाधान का भरोसा ग्रामीणों की समस्या सुनने के बाद विकास अधिकारी ने जल्द समाधान का आश्वासन दिया। उन्होंने बताया कि ग्राम पंचायत क्षेत्र में नहर और नाले के कार्य स्वीकृत करवाकर जल्द शुरू कराने का प्रयास किया जाएगा। इन कार्यों के शुरू होने से जॉब कार्डधारी परिवारों को रोजगार मिलने की उम्मीद है। ये ग्रामीण रहे मौजूद इस दौरान सुभाष, रणवीर, राहुल, योगेश, दीपचंद, धर्मपाल, प्रवीण, राजेश, सोनू, मदनलाल, प्रभुराम, मुकेश और भूप सिंह सहित कई ग्रामीण मौजूद रहे।
लुधियाना में पंजाब बंद का मिला जुला असर
लुधियाना में पंजाब बंद का मिला जुला असर
मुजफ्फरपुर में स्कूल से पंखा व मोटर चोरी पर भड़कीं छात्राएं, सड़क जाम कर पुलिस के खिलाफ की नारेबाजी
Bihar School Theft Incident: मुजफ्फरपुर के महिला शिल्प कला मध्य विद्यालय की छात्राओं ने पंखे और पेयजल की किल्लत व लगातार चोरी से नाराज होकर सड़क जाम कर विरोध प्रदर्शन किया। पुलिस के त्वरित कार्रवाई के आश्वासन के बाद छात्राओं ने जाम हटाया।
रोहतक के एसपी गौरव राजपुरोहित ने महम उपमंडल क्षेत्र स्थित बहलभा गांव का दौरा किया। उन्होंने गांव में नशे की बुराई को खत्म करने के लिए ग्रामीणों से बातचीत की। मीडिया से बातचीत में एसपी राजपुरोहित ने कहा कि नशे को जड़ से खत्म करने के लिए पुलिस और जनता को मिलकर काम करना होगा। उन्होंने ग्रामीणों से अपील की कि यदि कोई व्यक्ति नशा बेचता पाया जाता है और नहीं मानता है, तो तुरंत पुलिस को सूचना दें। ऐसे लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने यह भी बताया कि जो बच्चे नशे की लत में पड़ चुके हैं, उनके इलाज के लिए पुलिस पूरा सहयोग करेगी। एसपी ने चेतावनी दी कि नशा करके अपने परिजनों को पीटने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। युवाओं से की नशा त्यागकर नया जीवन अपनाने की अपील एसपी राजपुरोहित ने युवाओं से नशे को त्यागकर नया जीवन अपनाने की अपील की। उन्होंने कहा कि नशा केवल व्यक्ति को ही नहीं, बल्कि पूरे परिवार को बर्बाद कर देता है। उन्होंने परिवारजनों से भी आग्रह किया कि वे नशे की ओर बढ़ रहे बच्चों को समझाएं, क्योंकि कई युवा नशे की आड़ में अपराध करने लगते हैं, जिससे उनका भविष्य अंधकारमय हो जाता है। ग्रामीणों ने एसपी को विश्वास दिलाया कि यदि गांव में कोई भी व्यक्ति नशा बेचता पाया जाता है, तो उसकी सूचना पुलिस को दी जाएगी। उन्होंने गांव स्तर पर भी ऐसे लोगों के खिलाफ कार्रवाई करने का आश्वासन दिया।
सहारनपुर के रामपुर मनिहारान थाना क्षेत्र में दहेज की मांग पूरी न होने पर गर्भवती महिला से मारपीट कर जान से मारने की कोशिश का मामला सामने आया है। पुलिस ने शुक्रवार सुबह आठ बजे पीड़िता के पिता की शिकायत पर पति समेत तीन आरोपियों के खिलाफ हत्या के प्रयास और मारपीट का मुकदमा दर्ज किया है। इस्माईलपुर माजरा निवासी आबिद ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि करीब एक साल पहले उनकी बेटी नसरीन का निकाह बिनामाजरा निवासी समरयाब पुत्र कामिल से हुआ था। शादी में परिवार ने अपनी हैसियत के अनुसार बाइक और घरेलू सामान दिया था। आरोप है कि शादी के कुछ समय बाद ही पति समरयाब, ससुर कामिल और सास शमशीदा अतिरिक्त दहेज में कार और नकदी की मांग करने लगे। आरोप है कि मांग पूरी नहीं होने पर तीनों नसरीन को शारीरिक और मानसिक रूप से प्रताड़ित करने लगे। करीब दो महीने पहले ससुराल पक्ष नसरीन को उसके मायके छोड़ गया था। इसके बाद रिश्तेदारों और समाज के लोगों ने कई बार पंचायत कर दोनों पक्षों के बीच समझौता कराने का प्रयास किया, लेकिन आरोपी दहेज की मांग पर अड़े रहे। शिकायत के अनुसार, 27 जुलाई को समरयाब, कामिल और शमशीदा दो बाइकों से इस्माईलपुर माजरा स्थित आबिद के घर पहुंचे। तीनों ने समाज के लोगों के सामने नसरीन को सम्मानपूर्वक रखने का भरोसा दिलाया। उनकी बात पर विश्वास कर परिजनों ने नसरीन को उनके साथ भेज दिया। आरोप है कि घर से करीब आधे घंटे बाद गांव जाण्डखेड़ा के पास सुनसान जगह पर तीनों ने नसरीन के साथ मारपीट शुरू कर दी। शिकायत के मुताबिक, समरयाब के हाथ में चाकू था, जबकि कामिल और शमशीदा ने रस्सी से नसरीन का गला घोंटकर उसकी हत्या करने का प्रयास किया। नसरीन की चीख-पुकार सुनकर वहां से गुजर रहे साबिर पुत्र अब्दुल गनी और सलीम पुत्र मंजूर मौके पर पहुंचे। दोनों ने नसरीन को आरोपियों के चंगुल से छुड़ाया। उस समय वह अचेत अवस्था में थी। होश में आने के बाद नसरीन ने दोनों को पूरी घटना बताई। आरोप है कि इसके बाद तीनों आरोपी नसरीन को जान से मारने की धमकी देकर मौके से फरार हो गए। पुलिस ने पिता की तहरीर के आधार पर पति समरयाब, ससुर कामिल और सास शमशीदा के खिलाफ हत्या के प्रयास और मारपीट की धाराओं में मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
इंद्र सिंह गांधी बोले- छात्रों पर बल प्रयोग करना सरकार की युवा विरोधी सोच का प्रमाण
इंद्र सिंह गांधी बोले- छात्रों पर बल प्रयोग करना सरकार की युवा विरोधी सोच का प्रमाण
जौनपुर कलेक्ट्रेट परिसर में शुक्रवार सुबह 11 बजे अधिवक्ताओं ने हाईकोर्ट के एक आदेश के विरोध में न्यायिक कार्य का बहिष्कार कर प्रदर्शन किया। कलेक्ट्रेट बार एसोसिएशन के अध्यक्ष घनश्याम सिंह के नेतृत्व में सैकड़ों वकील इस विरोध प्रदर्शन में शामिल हुए। अधिवक्ताओं ने कलेक्ट्रेट परिसर में भ्रमण करते हुए उच्च न्यायालय के आदेश के प्रति अपनी नाराजगी व्यक्त की और जमकर नारेबाजी की। इस विरोध प्रदर्शन के संबंध में कलेक्ट्रेट बार एसोसिएशन जौनपुर की एक आवश्यक बैठक संघ के सभागार में आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता अध्यक्ष घनश्याम सिंह एडवोकेट ने की, जबकि संचालन संयुक्त मंत्री हीरामणि यादव एडवोकेट ने किया। इस दौरान अधिवक्ता राम आसरे दूबे और अरुण कुमार श्रीवास्तव ने अपने विचार व्यक्त किए। पूर्व महामंत्री ओम प्रकाश सिंह एडवोकेट और आनंद कुमार मिश्र एडवोकेट के साथ उमाशंकर तिवारी, राम आसरे यादव और यशवंत यादव जैसे कई अन्य अधिवक्ताओं ने भी बैठक में अपनी बात रखी। अधिवक्ताओं ने हाईकोर्ट और बार काउंसिल द्वारा हड़ताल पर रोक लगाने के साथ-साथ बढ़ती महंगाई जैसे मुद्दों पर भी चिंता व्यक्त की। बैठक में सर्वसम्मति से एक प्रस्ताव पारित किया गया, जिसमें सभी अधिवक्ताओं के पूर्ण रूप से न्यायिक कार्य से विरत रहने का निर्णय लिया गया।
गोरखपुर में पिता की मौत के बाद परिवार के लोग गांव गए थे। रामगढ़ताल में स्थित बंद घर का ताला तोड़कर चोर नकदी,गहने उठा ले गए। गुरुवार सुबह पड़ोसियों की सूचना पर पहुंचे बैंककर्मी ने रामगढ़ताल थाना पुलिस को सूचना दी। नकाबपोश चोर सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गए हैं। चोरों की आहट पाकर पड़ोसी का कुत्ता काफी देर तक भौंका था, लेकिन किसी ने ध्यान नहीं दिया। पुलिस कैमरे से मिली फुटेज के आधार पर चोरों की पहचान कराने में जुट गई है। वहीं कमरे में झूठी कप और खाने पीने का सामान भी बिखरा हुआ था। इससे अंदाजा लगाया जा रहा है कि चोर घर में चाय नाश्ता भी किए थे। कैमरे में कैद चोरो की तस्वीरें… घर में ताला बंद कर संतकबीर नगर गया था परिवाररामगढ़ताल क्षेत्र के आजादनगर स्थित फुलवरिया में निजी बैंक के उप शाखा प्रबंधक इंद्रमोहन सिंह का मकान है। बैंककर्मी की तहरीर पर रामगढ़ताल थाने में गुरुवार देर रात अज्ञात चोरों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर लिया गया है। बैंककर्मी ने बताया कि 3 दिन पहले उनके पिता की मौत हो गई। इसके बाद इसके बाद परिवार के सभी लोग संतकबीरनगर के धनघटा स्थित बरपरवा गांव चले गए। गुरुवार की भोर में बाइक सवार तीन चोर पहुंचे जो गेट का ताला तोड़कर अंदर दाखिल हुए। करीब आधे घंटे तक कमरों में रखी आलमारी तोड़कर उसमें रखे 1.60 लाख रुपये नकद व गहने समेट लिए। इसके बाद गेट बंद कर बाइक से फरार हो गए। गुरुवार सुबह आठ बजे पड़ोसियों ने घर का गेट टूटा देख इंद्रमोहन को फोन कर घटना की जानकारी दी। सूचना मिलने पर वह गांव से गोरखपुर पहुंचे और रामगढ़ताल थाना पुलिस को सूचना दी।
अलवर सेंट्रल जेल में गश्त के दौरान बड़ी मात्रा में मोफाइल फोन, गांजा, तंबाकू, बीड़ी और डाटा केबल मिली है। वार्ड नंबर-6 के मेन गेट के पास सारा सामान पायजामे और जुराब में लिपटे मिले। जेल प्रशासन के अनुसार 20 अगस्त की सुबह करीब 7 से 7:30 बजे हल्का नंबर-1 की ड्यूटी इंचार्ज मुख्य प्रहरी अनिता चौधरी वार्ड नंबर-6 में गश्त कर रही थीं। इसी दौरान मेनवाल के मेनगेट के पास उन्हें दो पायजामों में लिपटी और मेनवाल गेट के बीच एक जुराब में लिपटी संदिग्ध वस्तु दिखाई दी। उन्होंने तत्काल वॉकी-टॉकी के जरिए जेल अधिकारियों को इसकी सूचना दी। बिना सिम के मोबाइल मिले सूचना मिलते ही कार्यवाहक उपाधीक्षक पवन डउकिया, कारापाल ओमप्रकाश शर्मा, उपकारापाल फूलचंद सैनी और अन्य अधिकारी मौके पर पहुंचे। संदिग्ध सामान को जेल कार्यालय में लाकर खोला गया तो 5 कीपैड मोबाइल फोन, 100 ग्राम गांजा, तंबाकू के 36 पाउच, बीड़ी के 51 बंडल और 3 डाटा केबल बरामद हुए। बरामद पांचों मोबाइल फोन कीपैड वाले हैं। सभी बिना सिम के पाए गए। वहीं, पारदर्शी प्लास्टिक की थैली में करीब 100 ग्राम गांजा मिला। जेल प्रशासन ने गांजे को अलग सफेद कपड़े की थैली में रखकर सील कर मार्क-बी अंकित किया, जबकि मोबाइल, तंबाकू, बीड़ी और डाटा केबल को दूसरी थैली में रखकर मार्क-ए के तहत सीलबंद किया गया। सवाल- इतनी बड़ी मात्रा में समान कैसे अंदर पहुंचा जेल प्रशासन की ओर से दी गई रिपोर्ट पर कोतवाली थाना पुलिस ने कारागार अधिनियम की धारा 42 और एनडीपीएस एक्ट की धारा 8/20 के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। सीलबंद पैकेट मालखाने में जमा करा दिए गए हैं। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि जेल परिसर में इतनी बड़ी मात्रा में निषिद्ध सामग्री कैसे पहुंची और इसे किसके लिए लाया गया था।
गोंडा जिले के एक दिवसीय दौरे पर शुक्रवार दोपहर 12 बजे उत्तर प्रदेश गौ सेवा आयोग के सदस्य रमाकांत उपाध्याय पहुंचे। उन्होंने जिले में संचालित सभी सरकारी गौ-आश्रय केंद्रों का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने गोमूत्र को लेकर एक बड़ा दावा किया,जिसमें कहा गया कि गोमूत्र में सभी बीमारियों को दूर करने की ताकत है। निरीक्षण के दौरान,उपाध्याय ने सभी गौ-आश्रय केंद्रों में पशुओं को आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। कुछ गौशालाओं में मामूली कमियां पाई गईं, जिन्हें तत्काल दुरुस्त करने के आदेश दिए गए। अधिकारियों को इन कमियों को दूर न करने पर कड़ी कार्रवाई की चेतावनी भी दी गई। मीडिया से बात करते हुए रमाकांत उपाध्याय ने बताया कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की मंशा है कि प्रत्येक गोवंश की उचित सेवा हो और गौशालाओं में उन्हें सभी सुविधाएं मिलें,साथ ही भरपेट चारा भी उपलब्ध हो। इस संबंध में सख्त निर्देश जारी किए गए हैं। पशुओं की नियमित जांच सुनिश्चित करने के लिए पशु चिकित्सा विभाग के अधिकारियों के साथ बैठक कर उन्हें भी आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए। उपाध्याय ने कहा कि किसान दूध लेने के बाद गायों को छोड़ देते हैं,लेकिन जिस दिन उन्हें गोवंश का महत्व समझ आ जाएगा,वे ऐसा करना बंद कर देंगे। उन्होंने दावा किया कि गोमूत्र में इतनी शक्ति है कि वह सभी बीमारियों को दूर कर सकता है और जो व्यक्ति गोमूत्र का सेवन करता है,उसे कैंसर नहीं होता। उन्होंने आगे कहा कि गोबर और गोमूत्र के माध्यम से तमाम बीमारियां दूर होंगी और बंजर होती खेती को भी सुधारा जा सकेगा। उन्होंने रासायनिक खादों के उपयोग से बंजर हो रही खेतों की समस्या पर भी बात की और स्वदेशी गोबर की खाद के उपयोग से खेतों को ठीक करने का आह्वान किया।उपाध्याय ने बताया कि पूरे उत्तर प्रदेश में 1 लाख बायोगैस संयंत्र लगाए जाएंगे,जिससे लोगों को रोजगार मिलेगा और उनके घरों में बिजली पहुंचेगी, साथ ही गोबर का सही उपयोग हो सकेगा। उन्होंने नंदिनी योजना का भी जिक्र किया,जिसके तहत सरकार किसानों की आय बढ़ाने का काम कर रही है। उन्होंने विपक्ष द्वारा उठाए गए सवालों पर टिप्पणी करते हुए कहा कि विपक्ष को यह सब हजम नहीं हो रहा है।
देश के 40% युवा फैटी लिवर की समस्या से जूझ रहे हैं। इसका मतलब सिर्फ उनके लिवर में फैट होना नहीं है बल्कि ये पूरे शरीर के मेटाबॉलिक डिस्फंक्शन को दर्शाता है। यानी कई गंभीर बीमारी उनके शरीर में छिपी हुई है। जिसके चलते हैं उन्हें डायबीटीज या प्री-डायबिटीज जैसी कंडीशन हो सकती है। लिपिड्स खराब हो सकते है। ये एक तरीके का हार्ट और ब्रेन के लिए डेंजर सिचुएशन है। जो शरीर के लिए जानलेवा है। ये कहना देश के दिग्गज लिवर ट्रांसप्लांट सर्जन पद्मश्री डॉ. अरविंदर सिंह सोइन का। इसको लेकर उन्होंने दैनिक भास्कर से खास बातचीत की। उन्होंने फैटी लिवर, हेल्दी लाइफ स्टाइल, लिवर ट्रांसप्लांट और इसके महंगे खर्च पर बात की। पढ़िए उन्होंने क्या कुछ कहा… डॉ. अरविंदर सिंह सोइन कहते है कि फैटी लीवर मेटाबॉलिक डिस्फंक्शन का सिर्फ एक लक्षण है। इसके अलावा भी शरीर में कई और परेशानी हो रही। दूसरे शब्दों में कहे तो पूरे शरीर में मेटाबॉलिक डी-अरेंजमेंट है। हाइपरटेंशन, मोटापा, डायबिटीज, खराब लिपिड्स, फैटी लिवर, हार्ट अटैक, स्ट्रोक्स ये सारा एक बॉक्स की तरह है। हमें एक साथ इन सभी से बचना होगा। लिवर ट्रांसप्लांट के खर्च में कमी आने की उम्मीद कम डॉ. अरविंदर सिंह सोइन का कहना है कि लिवर ट्रांसप्लांट का खर्च कितना है, इस पर बात करना आसान नहीं है। इसे सिर्फ ट्रांसप्लांट की कीमत से नहीं देखना चाहिए। अगर किसी मरीज को लिवर फेलियर या एडवांस लिवर कैंसर है और ट्रांसप्लांट नहीं होता, तो इलाज में भी काफी पैसा खर्च होता है। ऐसे मरीज का 1-2 साल का इलाज, अस्पताल में भर्ती, दवाइयां और लगातार देखभाल में 15 से 20 लाख, बल्कि 25 लाख रुपए तक खर्च हो सकते हैं। इसके बावजूद कई मामलों में मरीज की जान नहीं बच पाती।हॉस्पिटल का खर्चा, दवाई का खर्चा समेत लिवर फेलियर या लिवर कैंसर के मरीज को मेनटेन करने का खर्चा ही बहुत ज्यादा है। उन्होंने बताया कि सरकारी अस्पतालों में करीब 15 लाख रुपए के खर्च में लिवर ट्रांसप्लांट हो सकता है। वहीं, मेदांता में भी करीब 20% लिवर ट्रांसप्लांट सरकारी दरों पर किए जाते हैं। इससे कम खर्च होना संभव नहीं दिखता है। क्योंकि इसके लिए एडवांस मशीनरी और इंफ्रास्ट्रक्चर के अलावा महंगी दवाई, ICU बेस्ट स्किल्स चाहिए। और अगर करेंगे तो अंग्रेजी में कहते है कि 'कटिंग कॉर्नर्स', पर उससे सफलता हासिल नहीं होगी। उत्तर भारत में भी दक्षिण भारत की तरह मिल रही सुविधाएं दक्षिण भारत के मुकाबले उत्तर भारत में लिवर ट्रांसप्लांट सर्जरी के सफल होने पर डॉ.अरविंदर सिंह सोइन कहते हैं- दोनों जगह पर ऐसा कोई कंपटीशन नजर नहीं आता। दोनों जगह पर प्रोटोकॉल बेस काम होता है, टॉप लेवल एक्सपर्ट्स शामिल रहते हैं। अगर हम सिर्फ मेदांता हॉस्पिटल की बात करें तो यहां विश्व स्तर के बेस्ट रिजल्ट्स मिल रहे है, जो तमाम जर्नल में पब्लिश भी है। उनमें 95% तक की सफलता डर है। और ये वर्ल्ड के बेस्ट रिजल्ट्स है। ये कह सकते है कि यहां भी 100 में से 95% मरीज लिवर ट्रांसप्लांट के बाद सफल और सुरक्षित जीवन जी रहे है।
सीधी जिले के रामपुर नैकिन तहसील क्षेत्र में भवरसेन पहाड़ पर शुक्रवार सुबह अचानक भूस्खलन हो गया। लगातार दो दिनों की तेज बारिश के बाद पहाड़ की मिट्टी और बड़े-बड़े पत्थर मुख्य सड़क पर आ गिरे, जिससे मार्ग बंद हो गया। करीब 30 गांवों का संपर्क रामपुर मुख्यालय से टूट गया है। इस कारण सड़क पर भारी मात्रा में मलबा और पत्थर जमा हो गए हैं, जिससे आवागमन ठप हो गया है। वर्तमान में सड़क से मोटरसाइकिल निकालना भी संभव नहीं है। शिकारगंज, बाघड़, पेपखरा, खड्डी, मौरा, धनहा समेत करीब 30 गांव इस घटना से प्रभावित हुए हैं। स्थानीय निवासियों और समाजसेवियों ने सड़क बंद होने के बाद मौके पर पहुंचकर मलबा हटाने और रास्ता खोलने की कोशिश शुरू की। स्थानीय निवासी शैलेंद्र सिंह सेगर ने बताया कि लगातार बारिश के बाद ऐसा हुआ है। सुबह जब लोग वहां पहुंचे, तो सड़क बंद मिली। जानकारी मिलने पर रामपुर नैकिन तहसीलदार आशीष मिश्रा अपनी टीम के साथ मौके पर पहुंचे। उन्होंने बताया कि प्रशासनिक टीम को भेजा गया है। सड़क पर गिरे पत्थरों और मिट्टी के मलबे को हटाने के लिए जेसीबी बुलाई गई है। काम भी शुरू कर दिया गया है। लक्ष्य है कि जल्द ही मार्ग आवागमन के लिए बहाल किया जाए, ताकि प्रभावित गांवों का संपर्क फिर से स्थापित हो सके।
मेडिकल काउंसलिंग कमेटी ने ऑल इंडिया कोटा नीट यूजी की पहले राउंड की काउंसलिंग का प्रोविजनल सीट आवंटन परिणाम जारी कर दिया है। देश के सबसे प्रतिष्ठित मेडिकल संस्थानों में दाखिले के लिए हुई इस जंग में एक बार फिर एम्स नई दिल्ली अभ्यर्थियों की पहली पसंद बनकर उभरा है। एम्स नई दिल्ली में दाखिले की होड़ का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि सामान्य वर्ग के लिए क्लोजिंग रैंक महज 52 रही। एम्स जोधपुर अभ्यर्थियों की दूसरी सबसे बड़ी पसंद बनकर उभरा, जहां सामान्य वर्ग की सीटें 344 रैंक पर भर गईं। पहली बार काउंसलिंग में शामिल हुए एम्स रेवाड़ी में यह आंकड़ा 3948 रहा। केंद्रीय विश्वविद्यालयों की श्रेणी में इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज, बनारस हिंदू विश्वविद्यालय, वाराणसी सबसे ज्यादा मांग वाले संस्थानों में शामिल रहा। यहां सामान्य वर्ग की क्लोजिंग रैंक 1043, ईडब्ल्यूएस 2017, ओबीसी 1620, एससी 14522 और एसटी वर्ग में 21083 रही। वहीं जवाहरलाल नेहरू मेडिकल कॉलेज, अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय में आल इंडिया कोटा के सामान्य वर्ग की क्लोजिंग रैंक 4310 रही, जबकि इसके आंतरिक कोटा अभ्यर्थियों के लिए यह 19636 तक गई। कॉलेज रिपोर्टिंग को लेकर अभ्यर्थियों की बढ़ी चिंता एजुकेशन एक्सपर्टस के अनुसार इस साल सीट आवंटित होने वाले अभ्यर्थियों के पास दो विकल्प रहेंगे। पहला जो कैंडिडेट्स अपने अलॉटेड कॉलेज से संतुष्ट हैं, वे एमसीसी पोर्टल पर फ्रीज के विकल्प को चुनेंगे और अलॉटेड कॉलेज द्वारा मांगे गए डाक्यूमेंट्स को पोर्टल पर अपलोड भी करेंगे। इसके बाद कैंडिडेट्स को अपना अलॉटमेंट लेटर एमसीसी की आधिकारिक वेबसाइट से डाउनलोड करना होगा। इसके बाद निर्धारित समय में मूल दस्तावेजों एवं एडमिशन फीस के साथ संबंधित कॉलेज में खुद उपस्थित होकर रिपोर्टिंग करनी होगी। यह समय 22 अगस्त से 31 अगस्त के बीच रहेगा। दूसरा जो कैंडिडेट्स अपने अलॉटेड कॉलेज से सतुष्ट नहीं है और वे अब दूसरे राउंड काउंसलिंग मे अन्य बेहतर विकल्प की इच्छा रखते है वे एमसीसी पोर्टल पर फ्लोट के विकल्प को चुनेगे और अलॉटेड कॉलेज की ओर से मांगे गए डाक्यूमेंट्स को पोर्टल पर अपलोड भी करेंगे। यहां उन्हें अपने अलॉटेड कॉलेज पर जाकर कोई व्यक्तिगत रिपोर्टिंग भी नहीं करवानी पड़ेगी। बढ़ सकती हैं अभ्यर्थियों की मुश्किलें एजुकेशन एक्सपर्टस मिश्रा के अनुसार काउंसलिंग की समय सीमा की विसंगतियों और परिणाम देर से जारी होने के कारण और रिपोर्टिंग की समय सीमा के बीच बहुत कम अंतर होने के कारण कई अभ्यर्थियों को यात्रा संबंधी समस्याओं का सामना करना पड़ सकता है। रेलवे में आरक्षण सीमित है, इसलिए दूर दराज से आने वाले कैंडिडेट्स को हवाई यात्रा का सहारा लेना पड़ सकता है, जोकि इस समय काफी ज्यादा महंगी साबित होगी।
जींद के नरवाना में नगर परिषद कर्मचारियों का 16वें दिन भी धरना, मंत्री के निवास तक निकाला पैदल मार्च
जींद के नरवाना में नगर परिषद कर्मचारियों का 16वें दिन भी धरना, मंत्री के निवास तक निकाला पैदल मार्च
उत्तराखंड के रुद्रपुर में शुक्रवार को भारतीय किसान यूनियन ने बिजली मुफ्त करने की मांग को लेकर धरना प्रदर्शन किया।
कौमी इंसाफ मोर्चा ने बंदी सिंहों की रिहाई की मांग को लेकर आज 21 अगस्त को पंजाब बंद का आह्वान किया है। सुबह सात बजे से ही पंजाब में बंद का असर नजर आ रहा है। मार्केट-दुकानें बंद है और सार्वजनिक वाहनों की पहिये थम गए हैं। दोपहर दो बजे तक स्थिति इसी तरह रहेगी।
गुरुग्राम में कार खड़ी करने के मामूली झगड़े में एक व्यक्ति ने दूसरे व्यक्ति पर पिस्तौल तान दी। शुक्रवार सुबह करीब साढ़े नौ बजे यह घटना ओल्ड दिल्ली रोड पर सामने आई है। आरोपी ने बीच सड़क पर पीड़ित को धमकी दी। गनीमत रही कि वहां राहगीरों की भीड़ जुटने लगी, जिसे देखकर आरोपी मौके से फरार हो गया। घटना का एक प्रत्यक्षदर्शी ने वीडियो बना लिया, जो अब वॉट्सएप पर वायरल हो रहा है। जानकारी के अनुसार यह घटना ओल्ड दिल्ली रोड पर गऊशाला के सामने हुई। पीड़ित राहुल तंवर ने बताया कि उनकी गाड़ी सड़क किनारे खड़ी हुई थी। इसी दौरान वहां पहले से खड़ी एक अन्य कार के ड्राइवर ने बिना देखे अचानक अपनी कार को बैक करना शुरू कर दिया। लापरवाही से गाड़ी बैक करने के कारण दोनों कारें आपस में टच हो गईं। इस मामूली घटना के बाद जब राहुल तंवर अपनी कार से नीचे उतरे और आरोपी ड्राइवर के पास बात करने गए, तो आरोपी ने शालीनता दिखाने के बजाय विवाद खड़ा कर दिया। विरोध करने पर बैग से निकाली पिस्तौल पीड़ित राहुल का आरोप है कि जैसे ही वह ड्राइविंग सीट पर बैठे युवक के पास पहुंचे, उसने बिना कुछ सुने सीधे गाली-गलौच करना शुरू कर दिया। जब राहुल ने इस बदतमीजी का विरोध किया और उसे तमीज से बात करने को कहा, तो आरोपी युवक गुस्से में आपा खो बैठा। उसने तुरंत अपनी कार में रखे एक बैग की जिप खोली और उसमें से एक पिस्तौल निकाल ली। आरोपी ने पिस्तौल राहुल की तरफ तान दी और उसे बीच सड़क पर ही डराने-धमकाने लगा। राहगीरों को आता देख कार लेकर फरार ओल्ड दिल्ली रोड जैसे व्यस्त इलाके में सुबह के वक्त हुए इस ड्रामे को देखकर सड़क से गुजर रहे राहगीर और स्थानीय लोग तुरंत वहां इकट्ठा होने लगे। लोगों को अपनी तरफ आता देख और मामला बढ़ता देख आरोपी युवक पिस्तौल वापस रखी। अपनी कार स्टार्ट की और वहां से फरार हो गया। मोबाइल में रिकॉर्ड की पूरी वारदात इस पूरी वारदात के दौरान वहां मौजूद एक राहगीर ने अपने मोबाइल का कैमरा ऑन कर लिया था। उसने आरोपी द्वारा पिस्तौल निकालने और राहुल को धमकाने का पूरा वीडियो अपने फोन में रिकॉर्ड कर लिया। घटना के बाद यह वीडियो व्हाट्सएप ग्रुप्स वायरल हो गया है। वीडियो में साफ देखा जा सकता है कि किस तरह आरोपी युवक मामूली सी बात पर दबंगई दिखाते हुए हथियार निकाल रहा है। पुलिस को शिकायत करेगा पीड़ित राहुल ने बताया कि घटना के समय वह सहम गया था और पुलिस कंट्रोल रूम को शिकायत नहीं की गई, लेकिन अब वह पुलिस को इसकी शिकायत करेगा और आरोपी के खिलाफ कार्रवाई की मांग की जाएगी। पुलिस के पास नहीं पहुंची शिकायत इस संबंध में सेक्टर-14 थाना एसएचओ अमित को उनके सीयूजी सरकारी नंबर पर कॉल भी की गई, लेकिन उनकी तरफ से कॉल नहीं रिसीव की गई। वहीं सिटी थाना एसएचओ फूल कुमार ने कहा कि यह एरिया सेक्टर-14 में हो सकता है। हमें कोई शिकायत नहीं मिली है। वायरल वीडियो देखकर सबंधित थाना पुलिस अगर कोई कार्रवाई करती है तो पूरी जांच के बाद कानूनी कार्रवाई करें। दैनिक भास्कर एप इस वीडियो की पुष्टि नहीं करता और यह असली पिस्तौल थी या नकली यह भी पता नहीं चल सका है।
पन्ना के मरहा गांव में जंगली जानवर का हमला:3 साल की बच्ची घायल, 24 घंटे में दूसरी घटना
पन्ना जिले के शाहनगर क्षेत्र के ग्राम मरहा में अपने घर के आंगन में खेल रही तीन साल की मासूम पर जंगली जानवर ने हमला कर उसे घायल कर दिया। जानकारी के अनुसार, प्रियांशी अपने घर के आंगन में खेल रही थी इसी दौरान झाड़ियों से अचानक निकले एक जंगली जानवर ने प्रियांशी पर हमला कर दिया।बच्ची की चीख सुनकर पिता सुरेंद्र सिंह तुरंत बाहर आए। तभी जानवर बच्ची को छोड़कर जंगल की ओर भाग गया। हमले में बच्ची गंभीर रूप से घायल हो गई। परिजनों ने तुरंत बच्ची को स्थानीय स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया, जहां उसका इलाज जारी है। घटना की सूचना वन विभाग को दे दी गई है। 24 घंटे में गांव में जंगली जानवर के हमले की यह दूसरी घटना है। बीते दिन इसी मोहल्ले में एक पांच साल की बच्ची पर सियार ने हमला कर उसे घायल कर दिया था। लगातार हो रहे इन हमलों से ग्रामीणों में दहशत का माहौल है।
पंचकूला के सेक्टर 7 और 8 की ट्रैफिक लाइट के पास एक सड़क हादसा हुआ है। यहां एक थार और फॉर्च्यूनर गाड़ी के बीच टक्कर हो गई, जिससे थार पलट गई। इस घटना में थार में सवार एक महिला को चोट आई है। हादसे के तुरंत बाद मौके पर लोगों की भीड़ जमा हो गई। घटना का एक वीडियो वायरल हो रहा है। वीडियो में थार के ऊपर एक महिला बैठी हुई दिखाई दे रही है, जिसे चोट लगने की बात कही जा रही है। वहीं, सोशल मीडिया पर एक अन्य वीडियो भी वायरल हो रहा है, जिसमें दावा किया जा रहा है कि फॉर्च्यूनर गाड़ी के अंदर पुलिस की वर्दी, मोबाइल फोन, पासबुक और बड़ी मात्रा में नकदी मिली है। हालांकि, इन दावों की अभी तक आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। यह भी बताया जा रहा है कि फॉर्च्यूनर का ड्राइवर टक्कर मारने के बाद मौके से फरार हो गया। पुलिस ने मौके पर पहुंच शुरू की जांच घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस मौके पर पहुंची और मामले की जांच शुरू कर दी। पुलिस हादसे के कारणों और वायरल वीडियो में दिखाए जा रहे सामानों की सत्यता की जांच कर रही है। जांच पूरी होने के बाद ही पूरे मामले की वास्तविक स्थिति स्पष्ट हो पाएगी। इस संबंध में सेक्टर 7 थाना प्रभारी महेंद्र डांढ़ा ने बताया कि मामले को लेकर अभी उनके पास कोई भी शिकायत नहीं आई है। दोनों पक्षों में आपसी समझौते की बातचीत हो रही है । शिकायत मिलने पर पुलिस द्वारा नियम अनुसार आगामी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।
जर्मनी के डॉ. जान वुल्फ बिहार के भागलपुर में डॉ. इम्तेयज़ुर रहमान से जटिल सर्जरी की तकनीक सीखने आए हैं। उन्होंने दो साल तक डॉ. रहमान की सर्जरी यूट्यूब पर देखी और सीमित संसाधनों में बेहतर इलाज से प्रभावित होकर 15 दिनों के लिए यहां पहुंचे हैं।
पीजीआई चंडीगढ़ में मरीजों से 10 रुपये के कार्ड के लिए 100 रुपये वसूलने वाले अस्पताल अटेंडेंट को इंटरनल विजिलेंस टीम ने ट्रैप लगाकर रंगे हाथ पकड़ा।
आगर-मालवा के मोड़ी गांव में गैस सिलेंडर में लगी आग:डायल-112 टीम के तुरंत एक्शन से बड़ा हादसा टाला
आगर-मालवा के ग्राम मोड़ी में शुक्रवार सुबह एक घर में गैस सिलेंडर में आग लग गई। आग ने तेजी से घर के एक हिस्से को अपनी चपेट में लेना शुरू कर दिया। सूचना मिलने पर डायल-112 की टीम तत्काल मौके पर पहुंची। पुलिसकर्मियों ने सूझबूझ और तत्परता दिखाते हुए आग पर काबू पाया, जिससे एक बड़ा हादसा टल गया और आसपास के जान-माल को सुरक्षित रखा जा सका। जानकारी के मुताबिक, यह घटना ग्राम मोड़ी के वार्ड क्रमांक 19 निवासी बनेसिंह अहिरवार के घर में हुई। शुक्रवार सुबह अज्ञात कारणों से उनके गैस सिलेंडर में आग लग गई। सिलेंडर से आग की लपटें उठती देख परिवार के सदस्य और आसपास के लोग मौके पर जमा हो गए। घटना की सूचना मिलते ही डायल-112 के पायलेट शहजाद मंसूरी और एएसआई अनिल शर्मा मौके पर पहुंचे। स्थिति की गंभीरता को समझते हुए, दोनों ने बिना देरी किए आग बुझाने की कार्रवाई शुरू की। पुलिसकर्मियों की तुरंत कार्रवाई से आग पर जल्द ही नियंत्रण पा लिया गया। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि यदि समय रहते आग पर काबू नहीं पाया जाता, तो यह आसपास के घरों तक फैल सकती थी, जिससे बड़ी जनहानि या संपत्ति के नुकसान की आशंका थी। डायल-112 टीम की तत्परता से आग पर नियंत्रण होने के बाद स्थानीय लोगों ने राहत महसूस की। घटना के बाद पुलिस ने आग लगने के कारणों की जांच शुरू कर दी है। प्रारंभिक तौर पर आग लगने का स्पष्ट कारण सामने नहीं आया है। समय पर की गई कार्रवाई से एक संभावित बड़ा हादसा टल गया।
JSSC CGL और सीडीपीओ नियुक्ति रद करने के आदेश पर भी रोक, झारखंड हाई कोर्ट का बड़ा फैसला
झारखंड हाई कोर्ट ने सीजीएल और सीडीपीओ परीक्षा की नियुक्तियों को रद करने के आदेश पर रोक लगा दी है। अदालत ने राज्य सरकार से इस मामले में जवाब मांगा है और अगली सुनवाई 15 सितंबर को निर्धारित की है।
झालावाड़ के चोहमला क्षेत्र की करीब 400 ग्रामीण महिलाएं देशी गाय के गोबर से इको-फ्रेंडली उत्पाद तैयार कर आत्मनिर्भरता की मिसाल पेश कर रही हैं। खेती-किसानी के साथ महिलाएं घर बैठे गोमय उत्पाद बनाकर रोजगार प्राप्त कर रही हैं। इससे उनकी आर्थिक स्थिति मजबूत हो रही है और देशी गोवंश पालन को भी बढ़ावा मिल रहा है। गोबर की उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए कई महिलाएं अब गोवंश को अपने घरों पर रखने लगी हैं। डॉक्टर की पहल से शुरू हुआ प्रशिक्षण सहकार भारती से जुड़ी चोहमला की स्त्री रोग विशेषज्ञ डॉ. रेखा वर्मा की पहल और मार्गदर्शन में महिलाओं को गोमय उत्पाद बनाने का प्रशिक्षण दिया गया। एक दिन के प्रशिक्षण के बाद महिलाएं घर पर ही राखियां और दीपक तैयार कर रही हैं। इससे पारंपरिक संसाधन को रोजगार से जोड़ने का अवसर मिला है। 27 हजार राखियां तैयार, कई शहरों में भेजीं महिलाओं ने अब तक 27 हजार गोमय राखियां तैयार कर विभिन्न शहरों में भेजी हैं। राखियों को आकर्षक बनाने के लिए उनमें सजावटी स्टोन लगाए जा रहे हैं। इन्हें लखनऊ, नागपुर और दिल्ली सहित कई शहरों में भेजा जा रहा है। खास बात यह है कि महिलाओं को नए ऑर्डर भी मिल रहे हैं, जिससे इस काम का दायरा लगातार बढ़ रहा है। दीपावली के लिए गोबर-मिट्टी के दीपक तैयार आगामी दीपावली को देखते हुए गोबर और मिट्टी से बने दीपकों की मांग भी बढ़ी है। दीपक बनाने में देशी गाय का गोबर, चिकनी मिट्टी, ग्वार गम, मैदा और लकड़ी का बुरादा उपयोग किया जा रहा है। महिलाएं प्रशिक्षण लेने के बाद घर पर ही इन दीपकों का निर्माण कर रही हैं। अब गणेश जी की प्रतिमाएं बनाने का काम भी शुरू किया जा रहा है। 51 तरह के उत्पाद बनाने का प्रशिक्षण राष्ट्रीय एसएचजी प्रकोष्ठ समिति की सदस्य एवं मुख्य प्रशिक्षिका अनुराधा श्रीवास्तव और सह संयोजक तुषार श्रीवास्तव ने बताया कि ‘सहकार से समृद्धि’ अभियान के तहत महिलाओं को गौधन आधारित स्वदेशी उत्पाद बनाने के लिए प्रेरित किया जा रहा है। उन्हें गोमय राखी, दीपक, बंधनवार, इंडियन झालर सहित 51 प्रकार के उत्पाद बनाने का प्रशिक्षण दिया गया है। वर्तमान में तीन-चार महिला समूह सक्रिय हैं और भविष्य में करीब 100 समूह गठित करने की योजना है। ‘सिम्पली देशी’ ब्रांड करेगा विपणन में सहयोग सहकार भारती के वरिष्ठ पदाधिकारी तुषार श्रीवास्तव ने बताया कि देशी गोवंश के संरक्षण के उद्देश्य से तैयार गोमय उत्पादों के विपणन में ‘सिम्पली देशी’ ब्रांड सहयोग करेगा। इसके साथ ही सोयाबीन, संतरा, गेहूं और मक्का जैसे स्थानीय उत्पादों की प्रोसेसिंग से भी ग्रामीण महिलाओं को जोड़कर उन्हें उद्यमी बनाने की दिशा में काम किया जाएगा। गोवंश संरक्षण के साथ महिलाओं का सशक्तीकरण डॉ. रेखा वर्मा ने कहा कि इस पहल का उद्देश्य गोवंश को सम्मानजनक स्थिति दिलाने के साथ ग्रामीण महिलाओं का आर्थिक सशक्तीकरण करना है। यदि सरकार कुटीर उद्योगों को बढ़ावा दे और सहकारिता क्षेत्र की सहभागिता बढ़े तो गांवों में रोजगार के बेहतर अवसर पैदा हो सकते हैं। उन्होंने बताया कि इस कार्य से महिलाओं और उनके परिवारों में सामाजिक बदलाव भी आने लगा है।
Jhansi: भाजपा की अंदरूनी कलह में टला निगम कार्यकारिणी चुनाव, मेयर और पार्षदों पर लगाए गए गंभीर आरोप
पार्षद दल के नेता और सचेतक ने क्षेत्रीय अध्यक्ष को चिट्ठी भेजकर मेयर और पार्टी के कुछ पार्षदों पर लगाए गंभीर आरोप लगाते हुए कहा चुनाव की पूर्व सूचना तक नहीं दी गई।
खारुन नदी में मिली अधेड़ की लाश:18 अगस्त को घर से लापता था, परिजनों ने दर्ज कराई थी गुमशुदगी
राजधानी रायपुर में खारुन नदी में लापता शख्स की लाश मिली है। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और शव को नदी से बाहर निकलवाकर कब्जे में लिया। पुलिस ने शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया है। फिलहाल मौत के कारणों का पता नहीं चल सका है। मामला डीडी नगर थाना क्षेत्र का है। 18 अगस्त को बिना बताए घर से निकला था मृतक की पहचान चंगोराभाठा निवासी उमेन्द्र देवांगन (53) के रूप में हुई है। पुलिस के मुताबिक, उमेन्द्र 18 अगस्त को बिना किसी को बताए घर से निकले थे। इसके बाद घर वापस नहीं लौटने पर परिजनों ने डीडी नगर थाने में उनकी गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। परिजन उनकी तलाश कर रहे थे। इसी बीच शुक्रवार को खारुन नदी में एक शव तैरता हुआ दिखाई दिया। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और शव को नदी से बाहर निकलवाया। पहचान की प्रक्रिया के बाद शव की पहचान उमेन्द्र देवांगन के रूप में हुई। मौत की वजह जानने में जुटी पुलिस पुलिस ने शव का पंचनामा तैयार कर पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया है। अब पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि उमेन्द्र नदी तक कैसे पहुंचे और उनकी मौत किन परिस्थितियों में हुई। पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट आने के बाद मौत की वजह स्पष्ट होने की उम्मीद है। फिलहाल पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। परिजनों और आसपास के लोगों से पूछताछ की जा रही है। पुलिस यह भी पता लगा रही है कि घर से निकलने के बाद उमेन्द्र कहां गए थे और खारुन नदी तक कैसे पहुंचे।

