ग्वालियर में गुरुवार रात 8 बजे मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव पहुंचे। सीएम ने ऊर्जा मंत्री प्रद्युम्न सिंह तोमर के बेटे रिपुदमन सिंह तोमर (सागर) के विवाह समारोह में शामिल होकर वर-वधू को आशीर्वाद दिया। यह विवाह ग्वालियर के होटल ताज (ऊषा किरण पैलेस) में संपन्न हुआ। रिपुदमन सिंह का विवाह कनिका (सिमरन) से हुआ है, जो सीमा और स्व. सूर्यवीर सिंह सिसौदिया की सुपुत्री हैं। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने नवदंपति को सुखमय जीवन का आशीर्वाद दिया। उन्होंने ऊर्जा मंत्री तोमर को पुत्र के विवाह पर शुभकामनाएं और बधाई भी दी। इस शादी समारोह में केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया और जिले के प्रभारी मंत्री तुलसीराम सिलावट सहित कई वीवीआईपी और भाजपा के नेता व कार्यकर्ता भी शामिल हुए। बता दें इस शादी को लेकर शादी समारोह स्थल (ऊषा किरण पैलेस) पहुंचने के लिए फूल बाग गुरुद्वारा से लेकर नदी गेट तक के रास्ते को डायवर्ट किया गया है। सुरक्षा को देखते हुए (ऊषा किरण पैलेस) और उसके आसपास भारी पुलिस बल भी तैनात किया गया है।
सहारनपुर के पिलखनतला चौक पर गुरुवार देर शाम सड़क किनारे लगे बिजली के ट्रांसफार्मर में अचानक आग लग गई। इस घटना से इलाके में अफरा-तफरी मच गई और कई मोहल्लों की बिजली सप्लाई बाधित हो गई। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, पहले तेज आवाज सुनाई दी, जिसके बाद ट्रांसफार्मर से चिंगारियां निकलने लगीं और देखते ही देखते आग की लपटें ऊंची उठने लगीं। काले धुएं का गुबार भी दिखाई दिया। पास की दुकानों पर मौजूद लोग घबराकर बाहर निकल आए, जबकि राहगीरों ने सुरक्षित दूरी बना ली। आसपास खड़ी गाड़ियों को तुरंत हटाया गया और दुकानदारों ने एहतियात के तौर पर अपनी दुकानें कुछ देर के लिए बंद कर दीं। लोगों को आशंका थी कि आग फैलने पर कोई बड़ा हादसा हो सकता है। सूचना मिलते ही बिजली विभाग की टीम मौके पर पहुंची। एहतियातन इलाके की बिजली सप्लाई तुरंत बंद कर दी गई, जिसके बाद कर्मचारियों ने आग पर काबू पाया। गनीमत रही कि इस घटना में किसी के घायल होने की खबर नहीं है। हालांकि, आग के कारण कई मोहल्लों में अंधेरा छा गया, जिससे घरों और दुकानों का कामकाज प्रभावित हुआ। बिजली गुल होने से लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा। स्थानीय लोगों का कहना है कि इस इलाके में ट्रांसफार्मरों में खराबी की समस्या पहले भी सामने आ चुकी है। उन्होंने आरोप लगाया कि समय पर रखरखाव और जांच न होने के कारण ऐसे हादसे हो रहे हैं। लोगों ने बिजली विभाग से ट्रांसफार्मरों की नियमित जांच और पुराने उपकरणों को बदलने की मांग की है। फिलहाल आग लगने की वजह स्पष्ट नहीं हो पाई है, लेकिन शुरुआती अंदेशा तकनीकी खराबी का जताया जा रहा है। विभागीय अधिकारियों ने मामले की जांच की बात कही है। बड़ा हादसा टलने से लोगों ने राहत की सांस ली, लेकिन बार-बार हो रही ऐसी घटनाओं को लेकर उनमें नाराजगी भी दिखी।
बदायूं के थानेदार समेत 4 पुलिसकर्मी निलंबित:संभल में दबिश के दौरान मौत और FIR में देरी पर एक्शन
संभल में दबिश के दौरान एक व्यक्ति की मौत और युवती को बहला-फुसलाकर ले जाने के मामले में FIR दर्ज करने में देरी को लेकर बड़ी पकार्रवाई हुई है। बदायूं के फैजगंज बेहटा थाने के थानाध्यक्ष समेत दो दरोगा और एक सिपाही को निलंबित कर दिया गया है। यह घटना 3 फरवरी को हुई थी, जब फैजगंज बेहटा थाने में तैनात दरोगा मामराज, लियाकत और सिपाही संजय बिना रवानगी दर्ज कराए संभल के लिए रवाना हुए थे। उन्होंने संभल के कैलादेवी थाने में भी अपनी आमद दर्ज नहीं कराई थी। खास बात यह थी कि उस समय तक युवती की ओर से कोई नामजद मुकदमा दर्ज नहीं किया गया था। इसके बावजूद, पुलिस टीम सीधे नारंगपुर गांव में दबिश देने पहुंच गई। पुलिस को देखकर आरोपी अनिकेत के पिता हरचरन भागने लगे और इसी दौरान उनकी मौत हो गई। घटना के बाद पुलिस टीम चुपचाप लौट आई, जबकि परिजनों ने हंगामा शुरू कर दिया। परिजनों के हंगामे के बाद 3 फरवरी की रात करीब 8:20 बजे अनिकेत समेत चार लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया। एडीजी बरेली जोन के निर्देश पर संभल एसपी से रिपोर्ट मांगी गई, जिसमें पुलिसकर्मियों द्वारा आमद दर्ज न कराने की बात सामने आई। इसके बाद बदायूं एसएसपी डॉ. बृजेश सिंह ने सीओ बिसौली सुनील सिंह से मामले की जांच कराई। जांच में यह स्पष्ट हुआ कि दरोगा मामराज, लियाकत और सिपाही संजय बिना मुकदमा दर्ज हुए और बिना रवानगी के दबिश देने गए थे। वहीं, थानाध्यक्ष राजकुमार सिंह ने तहरीर पर 10 दिन तक मुकदमा दर्ज नहीं किया था। इस रिपोर्ट के आधार पर चारों पुलिसकर्मियों को निलंबित कर दिया गया है। विभागीय जांच जारी है।
केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया गुरुवार को डबरा के नवग्रह शक्तिपीठ में आयोजित प्राण प्रतिष्ठा महोत्सव में शामिल हुए। उन्होंने नवनिर्मित मंदिर में देवी-देवताओं के दर्शन कर पूजा-अर्चना की और प्रदेश की सुख-समृद्धि के लिए प्रार्थना की। मंदिर की भव्यता और वास्तुकला की तारीफ सिंधिया ने पूरे मंदिर परिसर का भ्रमण किया और वहां की व्यवस्थाओं का जायजा लिया। मंदिर की सुंदर वास्तुकला की सराहना करते हुए उन्होंने कहा कि जिस श्रद्धा और समर्पण के साथ इस दिव्य मंदिर का निर्माण हुआ है, वह पूरे प्रदेश के लिए गर्व की बात है। उन्होंने कहा कि यह नवग्रह शक्तिपीठ आने वाले समय में आस्था और धार्मिक चेतना का एक बड़ा केंद्र बनकर उभरेगा। डॉ. नरोत्तम मिश्रा से की मुलाकात समारोह के दौरान केंद्रीय मंत्री ने पूर्व गृहमंत्री डॉ. नरोत्तम मिश्रा से मुलाकात कर उन्हें इस भव्य आयोजन के लिए शुभकामनाएं दीं। सिंधिया ने कहा कि इस तरह के धार्मिक और सांस्कृतिक आयोजन समाज को आपस में जोड़ने का काम करते हैं। मंदिर परिसर की साज-सज्जा और आयोजन की भव्यता को देखकर उन्होंने आयोजन समिति के प्रयासों को भी सराहा। जयकारों और भक्तिमय गीतों से गूंजा परिसर सिंधिया के आगमन के दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालु वहां मौजूद रहे। पूरा मंदिर परिसर जयकारों और भक्तिमय गीतों से गूंज उठा। केंद्रीय मंत्री ने विश्वास जताया कि यह शक्तिपीठ सनातन संस्कृति को नई दिशा देने में सहायक सिद्ध होगा।
वंदेभारत ट्रेन की चपेट में आने से युवक की मौत:रुदौली में शौच के लिए रेलवे लाइन पार करते समय हादसा
जिले के रुदौली कोतवाली क्षेत्र में गौहना गांव के पास एक तेज रफ्तार वंदे भारत ट्रेन की चपेट में आने से 25 वर्षीय युवक की मौके पर ही मौत हो गई। यह घटना आज सुबह करीब 9 बजे हुई, जब युवक शौच के लिए रेलवे लाइन पार कर रहा था। मृतक की पहचान गौहना निवासी तेज प्रकाश गौरी पुत्र स्वर्गीय मिश्रीलाल कोरी के रूप में हुई है। वह अयोध्या से लखनऊ जा रही वंदे भारत ट्रेन की चपेट में आ गया। टक्कर इतनी भीषण थी कि उसका शरीर पूरी तरह क्षत-विक्षत हो गया। घटना की सूचना ट्रेन चालक ने रुदौली स्टेशन मास्टर को दी। स्टेशन मास्टर की सूचना पर एसएचओ क्राइम रुदौली शत्रुहन यादव पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पंचनामा भरा और पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। तेज प्रकाश की मौत की खबर मिलते ही बड़ी संख्या में ग्रामीण मौके पर जमा हो गए। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि तेज प्रकाश रेलवे लाइन पार कर रहा था, तभी ट्रेन की चपेट में आ गया। ग्रामीणों के अनुसार, तेज प्रकाश दो भाई थे। उनके माता-पिता का पहले ही निधन हो चुका था और वह अविवाहित थे। घटना के बाद से परिवार में कोहराम मचा हुआ है।
सहारनपुर के बेहट थाना क्षेत्र में गुरुवार देर शाम पुलिस और गौकशी के संदिग्ध आरोपियों के बीच मुठभेड़ हो गई। पुलिस की जवाबी फायरिंग में एक आरोपी के पैर में गोली लगने से वह घायल हो गया, जबकि उसका दूसरा साथी बाद में कॉम्बिंग के दौरान गिरफ्तार कर लिया गया। घायल आरोपी को उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। एसपी देहात सागर जैन के अनुसार, बेहट थाना पुलिस टीम जनता रोड से गांव पिठौरी जाने वाले मार्ग पर झिंझौली तिराहे के पास बैरियर लगाकर वाहनों की जांच कर रही थी। इसी दौरान पिठौरी की ओर से एक बिना नंबर की बाइक पर दो संदिग्ध युवक आते दिखे। बाइक के पीछे एक प्लास्टिक का कट्टा बंधा हुआ था। पुलिस ने उन्हें रुकने का इशारा किया, लेकिन दोनों युवक भागने लगे और कच्चे रास्ते की ओर मुड़ गए। पुलिस टीम ने पीछा किया तो आरोपियों की बाइक फिसलकर गिर गई। इसके बाद आरोपियों ने पुलिस टीम पर जान से मारने की नीयत से फायरिंग कर दी। पुलिस ने भी जवाबी फायरिंग की, जिसमें एक आरोपी के पैर में गोली लग गई और वह घायल होकर गिर पड़ा। उसे मौके पर ही पकड़ लिया गया।दूसरा आरोपी अंधेरे का फायदा उठाकर फरार हो गया था, लेकिन पुलिस ने घेराबंदी और कॉम्बिंग अभियान चलाकर उसे भी गिरफ्तार कर लिया। पकड़े गए आरोपियों की पहचान शौकीन पुत्र फारुख और सादिक पुत्र जानमोहम्मद, निवासी गांव दबकौरा, थाना बेहट के रूप में हुई है। पुलिस ने मौके से एक तमंचा, एक खोखा, दो जिंदा कारतूस , गोकशी के उपकरण और बिना नंबर की बाइक बरामद की है। पुलिस के अनुसार, दोनों आरोपी शातिर किस्म के हैं और इनके खिलाफ पहले भी गौकशी से जुड़े कई मुकदमे दर्ज हैं। पुलिस उनके अन्य आपराधिक इतिहास की जानकारी जुटा रही है। मामले में आगे की विधिक कार्रवाई जारी है।
संभल के मोहम्मदपुर टांडा गांव में गन्ना छीलते समय एक ग्रामीण तालाब में डूब गया। 38 वर्षीय आनंद पुत्र रामकुमार की तलाश में पुलिस और स्थानीय ग्रामीणों ने गुरुवार दोपहर से रात 8 बजे तक छह घंटे का रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया, लेकिन उसका कोई सुराग नहीं मिल सका। घटना के बाद से गांव में अफरा-तफरी का माहौल है। उक्त घटना संभल कोतवाली क्षेत्र के चंदौसी रोड स्थित मोहम्मदपुर टांडा गांव की है। गांव के पास गन्ने के खेत में एक तालाब है, जिसमें पानी और दलदल दोनों हैं। गुरुवार दोपहर करीब 2 बजे आनंद तालाब के किनारे खड़े होकर गन्ना छील रहे थे। इसी दौरान वह अचानक तालाब में डूब गए। गांव की 14 वर्षीय महक ने उन्हें डूबते हुए देखा और शोर मचाया। महक की चीख-पुकार सुनकर बड़ी संख्या में ग्रामीण और आनंद के परिजन मौके पर जमा हो गए। करीब 40 मिनट तक लोगों ने तालाब के बाहर से आवाज लगाई, लेकिन कोई जवाब नहीं मिला। इसके बाद परिवार के सदस्य और गांव के कुछ तैराक तालाब में उतर गए। पुलिस भी मौके पर पहुंची और उनकी मौजूदगी में रस्सी के सहारे रात 8 बजे तक तलाश जारी रही। अंधेरा होने के कारण रेस्क्यू अभियान रोक दिया गया। ग्रामीणों से मिली जानकारी के अनुसार, आनंद उस समय शेखुपुर मढ़ी गांव निवासी संजीव पुत्र लटूरी गिरी के साथ गन्ना छील रहे थे। संजीव कुछ देर के लिए वहां से गए थे और जब लौटे तो आनंद वहां नहीं थे। पूछताछ करने पर 14 वर्षीय किशोरी महक ने बताया कि उसने लाल कपड़े पहने एक व्यक्ति को तालाब में डूबते देखा था, जिसके बाद से आनंद की तलाश शुरू की गई। इंस्पेक्टर गजेंद्र सिंह ने बताया कि ग्रामीण के तालाब में डूबने की सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंच गई थी। काफी तलाश के बावजूद आनंद का कोई सुराग नहीं मिला है। उन्होंने बताया कि दिन निकलते ही शुक्रवार सुबह फिर से तलाशी अभियान शुरू किया जाएगा।
सुल्तानपुर में एक व्यक्ति को फोटो और वीडियो वायरल करने की धमकी देकर शादी और 3 लाख रुपये मांगने के आरोप में गिरफ्तार किया गया है। आरोपी की पहचान कासिम शेख के रूप में हुई है। वह मूल रूप से भागलपुर, बिहार का निवासी है और वर्तमान में सूरत में रहता है। पीड़िता ने कूरेभार थाने में शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत के अनुसार, कासिम शेख पिछले एक साल से पीड़िता से मोबाइल पर बात कर रहा था। एक बार जब पीड़िता सुल्तानपुर से रोडवेज बस से घर आ रही थी, तो कासिम ने उससे फोन पर बात की। इसके बाद वह टेढ़ुई के पास बस में चढ़ा और पीड़िता के मोबाइल से कुछ फोटो व वीडियो अपने फोन में ट्रांसफर कर लिए। इन फोटो और वीडियो का इस्तेमाल कर कासिम शेख ने पीड़िता और उसके परिजनों को जान से मारने की धमकी देना शुरू कर दिया। वह लगातार पीड़िता पर शादी करने का दबाव बना रहा था और पैसे की मांग कर रहा था। पीड़िता द्वारा कुछ पैसे दिए जाने के बावजूद, अभियुक्त ने फोटो और वीडियो सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म जैसे फेसबुक और इंस्टाग्राम पर वायरल कर दिए। इसके बाद भी वह लगातार 3 लाख रुपये की मांग कर रहा था। अभियुक्त के अन्य परिजनों पर भी पीड़िता को धमकी देने का आरोप है। मामले की गंभीरता को देखते हुए, पुलिस अधीक्षक सुल्तानपुर श्रीमती चारू निगम ने संज्ञान लिया। अपर पुलिस अधीक्षक सुल्तानपुर के पर्यवेक्षण और क्षेत्राधिकारी बल्दीराय के नेतृत्व में घटना के अनावरण और गिरफ्तारी के लिए एक टीम का गठन किया गया। थाना कूरेभार में मामला दर्ज किया गया। विवेचना के दौरान धारा 308(5) बढ़ाई गई। आरोपी कासिम शेख पुत्र मोहम्मद याकूब, निवासी वनस्पति, थाना कहलगांव, जनपद भागलपुर (बिहार) है। उसे गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया है। गिरफ्तार करने वाली पुलिस टीम में उपनिरीक्षक राजेश कुमार यादव (थाना कूरेभार), मुख्य आरक्षी अमित अवस्थी (थाना कूरेभार) और मुख्य आरक्षी नरेंद्र मिश्र (स्वाट टीम) शामिल थे। अग्रिम विधिक कार्यवाही जारी है।
कानपुर में पांच लोगों पर ब्लेड से हमला:ऑटो चालक ने किया वार, पुलिस सीमा विवाद में उलझी
कानपुर के किदवई नगर क्षेत्र में एक ऑटो चालक ने पुराने विवाद के चलते पांच लोगों पर ब्लेड से हमला कर दिया। इस हमले में एक युवती, तीन महिलाएं और एक युवक गंभीर रूप से घायल हो गए। पुलिस ने घायलों को अस्पताल में भर्ती कराया है और आरोपियों की तलाश कर रही है। घटना गुरुवार रात करीब 7:30 बजे लक्ष्मीपुरवा सुनार के पास हुई। किदवई नगर की रानी अपनी दो बहनें प्रीति और राधा, बहनोई गौरव और बेटी पलक के साथ जा रही थीं। तभी मोहल्ले का रहने वाला आदिल तेज रफ्तार ऑटो लेकर आया और उन्हें कुचलने का प्रयास किया। सभी ने किसी तरह हटकर अपनी जान बचाई। आदिल का ऑटो अनियंत्रित होकर करीब 30 मीटर आगे पलट गया। जब पीड़ित परिवार आदिल के ऑटो के पास मदद के लिए पहुंचा, तो ऑटो में सवार आदिल और उसके दो साथी हमलावर हो गए। उन्होंने गाली-गलौज करते हुए पांचों पर ब्लेड से हमला कर दिया। इस हमले में रानी (38), राधा (35), प्रीति (25), गौरव (30) और पलक (20) गंभीर रूप से घायल हो गए। घायल पलक ने बताया कि घटना बारादेवी चौकी से 50 मीटर की दूरी पर हुई थी। मदद मांगने पर बारादेवी पुलिस ने सीमा विवाद का हवाला देते हुए उन्हें किदवई नगर थाने जाने को कहा। काफी मशक्कत के बाद किदवई नगर पुलिस ने पांचों घायलों का मेडिकल परीक्षण कांशीराम अस्पताल में कराया और अब आरोपियों की तलाश में जुटी है। पलक ने यह भी बताया कि करीब छह महीने पहले आरोपी जीशान से नशे का विरोध करने पर उनका विवाद हुआ था। इसके बाद से जीशान और उसके साथी रंजिश रखते थे। गुरुवार को मौका मिलते ही आरोपियों ने योजनाबद्ध तरीके से हमला किया। हमले के दौरान उनके पास रखे 50 हजार रुपये नकद भी गिर गए। थाना प्रभारी धर्मेंद्र कुमार ने बताया कि घायलों को मेडिकल परीक्षण के लिए भेजा गया है। घायल रानी की तहरीर पर मुक़दमा पंजीकृत किया जा रहा है, साथ ही आरोपियों की तलाश के लिए टीमें लगा दी हैं।
छत्तीसगढ़ के महासमुंद जिले के भंवरपुर पुलिस चौकी क्षेत्र के जंगल में एक नाबालिग का शव मिला है। उसकी पहचान बलौदाबाजार जिले के ग्राम सर्वा निवासी 17 वर्षीय उद्रेश वर्मा के रूप में हुई है। उद्रेश 15 दिन पहले अपनी गर्लफ्रेंड से मिलने जमनीडीह गांव गया था और तब से लापता था। पुलिस ने हत्या सहित सभी पहलुओं से जांच शुरू कर दी है। पुलिस के अनुसार, उद्रेश वर्मा 29 जनवरी को अपने दोस्तों के साथ टूड्री गांव में मड़ाई मेला देखने गया था। लौटते समय उसने महासमुंद जिले के ग्राम पंचायत जमदरहा के आश्रित गांव जमनीडीह में अपनी गर्लफ्रेंड से मिलने की इच्छा जताई। दोस्तों के मना करने के बावजूद, उद्रेश रात करीब 11 बजे जमनीडीह गांव पहुंचा और दोस्त के मोबाइल से गर्लफ्रेंड को कॉल कर उससे मिला। इसके बाद से वह लापता हो गया। दोस्त ने की थी उद्रेश के लापता होने की शिकायत 30 जनवरी को उसके दोस्त धर्मेंद्र वर्मा ने भंवरपुर चौकी में उद्रेश के लापता होने की शिकायत दर्ज कराई थी। कुछ दिनों बाद, उद्रेश का दोस्त से लिया गया मोबाइल गांव के पास पुलिस को मिला, जिसके बाद पुलिस ने उसकी तलाश तेज कर दी। पुलिस ने डॉग स्क्वॉड की मदद ली, लेकिन डॉग लड़की के घर के आसपास जाकर भी कोई सुराग नहीं दे पाया। पुलिस तकनीकी सहायता और तलाशी अभियान में जुटी रही। आज दोपहर करीब 2 बजे तलाशी दल को युवती के गांव से लगभग डेढ़ किलोमीटर दूर जंगल में उद्रेश का शव मिला। फॉरेंसिक टीम घटनास्थल पर पहुंची और जांच-पड़ताल कर सबूत इकट्ठा किए। शव के कुछ हिस्से जानवरों ने खा लिए थे। परिजनों ने शव की पहचान उद्रेश के रूप में की। शव डीकंपोज होने की वजह से पोस्टमार्टम के लिए रायपुर मेडिकल कॉलेज भेजा जाएगा। गर्लफ्रेंड और उसके परिवार से पूछताछ कर रही पुलिस पुलिस उद्रेश की गर्लफ्रेंड और उसके परिवार से पूछताछ कर रही है। बताया जाता है कि उद्रेश और उसके गर्लफ्रेंड के बीच सोशल मीडिया के जरिए पहचान हुई थी। दोनों एक दूसरे से फोन पर भी बात किया करते थे। एडिशनल एसपी प्रतिभा पांडेय ने बताया कि बलौदाबाजार के लापता नाबालिग उद्रेश का शव जंगल से मिला है। मौत का कारण हत्या है या कोई और वजह है, हर पहलू इसकी जांच की जा रही है। जंगल में कोई संघर्ष या निशान नहीं मिला है। शव खराब हालत में होने की वजह से पोस्टमार्टम के लिए रायपुर मेडिकल कॉलेज भेजा जाएगा।
रेलवे नौकरी दिलाने के नाम पर ठगी:8 लाख की धोखाधड़ी में 3 आरोपी गिरफ्तार
ग्रेटर नोएडा के बिसरख थाना क्षेत्र में रेलवे में सरकारी नौकरी दिलाने के नाम पर एक युवक से 8 लाख रुपये की ठगी का मामला सामने आया है। आरोपियों ने खुद को रेलवे कर्मचारी बताकर युवक को पक्का जॉइनिंग लेटर देने का भरोसा दिलाया था। जब युवक जॉइनिंग लेटर लेकर रेलवे कार्यालय पहुंचा, तो अधिकारियों ने दस्तावेजों की जांच के दौरान उसे फर्जी पाया, जिसके बाद पूरे मामले का खुलासा हुआ। बिसरख कोतवाली क्षेत्र के चिपियाना गांव निवासी राजीव ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि कुछ दिन पहले उसकी मुलाकात अश्वनी सारस्वत और पवन चौधरी से हुई थी। दोनों ने खुद को रेलवे से जुड़ा कर्मचारी बताया और उसे रेलवे में नौकरी दिलाने का आश्वासन दिया। उन्होंने बताया कि रेलवे में भर्ती प्रक्रिया चल रही है और इसके लिए कुछ पैसे खर्च करने होंगे। राजीव उनके झांसे में आ गया और किस्तों में करीब 8 लाख रुपये का भुगतान कर दिया, जिसमें कुछ रकम नकद और कुछ बैंकिंग माध्यम से दी गई। इसके बाद आरोपियों ने उसे रेलवे का जॉइनिंग लेटर, चरित्र प्रमाण पत्र और अन्य दस्तावेज सौंप दिए। जब युवक निर्धारित समय पर रेलवे कार्यालय ज्वाइन करने पहुंचा, तो अधिकारियों ने दस्तावेजों की जांच की। जांच में पता चला कि जॉइनिंग लेटर पूरी तरह फर्जी है। रेलवे अधिकारी भी दस्तावेजों की गुणवत्ता देखकर दंग रह गए, क्योंकि लेटर पर मोहर और हस्ताक्षर असली जैसे लग रहे थे। एडिशनल डीसीपी आरके गौतम ने बताया कि पीड़ित की शिकायत पर थाना बिसरख में मुकदमा दर्ज किया गया। पुलिस ने जांच शुरू की और चिपियाना बुजुर्ग रेलवे फाटक के पास से अश्वनी सारस्वत और पवन चौधरी को गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में दोनों ने अपने तीसरे साथी अखिल उर्फ अयान का नाम बताया, जिसे बाद में शाहबेरी इलाके से गिरफ्तार किया गया। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से एक कंप्यूटर, प्रिंटर, एलइडी मॉनिटर, कई फर्जी रेलवे जॉइनिंग लेटर, रबड़ की मोहरें, आधार कार्ड, चरित्र प्रमाण पत्र और अन्य सरकारी दस्तावेज बरामद किए हैं। इसके अलावा, एक स्कूटी और मोबाइल फोन भी जब्त किया गया है।
विदिशा में दिनदहाड़े घर का ताला तोड़कर चोरी:लाखों के सोने-चांदी के जेवर और नगदी पर हाथ साफ
विदिशा में दिनदहाड़े चोरी की एक बड़ी वारदात सामने आई है। पुरानी कृषि उपज मंडी क्षेत्र में अज्ञात बदमाशों ने एक सूने मकान का ताला तोड़कर लाखों रुपए के सोने-चांदी के जेवर और नगदी चुरा लिए। चोरी गए सामान की कीमत 4 से 5 लाख रुपए आंकी जा रही है। जानकारी के अनुसार, मकान मालिक कल्लू कुशवाह हम्माली का काम करते हैं। घटना के समय वे अपने काम पर गए हुए थे, जबकि उनकी पत्नी एक शादी समारोह में शामिल होने गई थीं। बच्चे नानी के घर पर थे, जिसके कारण मकान सूना था। चोरों ने इसी मौके का फायदा उठाया। उन्होंने चैनल गेट का ताला तोड़ा और घर में घुसकर अलमारी खंगाल डाली। अलमारी में रखे सोने का मंगलसूत्र, चेन, कान के टॉप्स, चार जोड़ी चांदी की पायल, बिछिया और नगद रुपए गायब मिले। शाम करीब साढ़े पांच बजे जब कल्लू कुशवाह की बेटी घर पहुंची, तो उसने चैनल गेट का ताला टूटा हुआ और घर का सामान बिखरा हुआ पाया। यह देखकर उसने तुरंत परिजनों और पुलिस को सूचना दी। सूचना मिलते ही पुलिस और फिंगरप्रिंट एक्सपर्ट की टीम मौके पर पहुंची। पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है और आसपास के सीसीटीवी फुटेज खंगालना शुरू कर दिया है। दिनदहाड़े हुई इस वारदात से इलाके में दहशत का माहौल है और स्थानीय लोगों ने पुलिस गश्त बढ़ाने की मांग की है।
उमरिया में कार-ऑटो टक्कर, 6 ग्रामीण घायल:बरतराई से मझौली जा रहे थे; बड़ेरी गांव के पास हुआ हादसा
उमरिया जिले में गुरुवार को एक सड़क हादसे में छह ग्रामीण घायल हो गए। यह घटना जिला मुख्यालय से ताला मार्ग पर बड़ेरी गांव के पास हुई, जहां एक आर्टिका कार और ऑटो में आमने-सामने की टक्कर हो गई। सभी घायलों को 108 एंबुलेंस की मदद से जिला अस्पताल भेजा गया, जहां उनका इलाज जारी है। बरतराई से मझौली जा रहे थे ग्रामीण जानकारी के अनुसार, ऑटो में सवार ग्रामीण बरतराई से मझौली (बांका) गांव की ओर जा रहे थे। इसी दौरान सामने से आ रही आर्टिका कार (एमपी54जेडबी7435) और ऑटो (एमपी54आर0369) के बीच सीधी टक्कर हो गई। इस भिड़ंत के कारण ऑटो में बैठे यात्रियों को गंभीर चोट आईं। यह हुए घायल घायलों की पहचान सोबरन सिंह, शोभा सिंह, लीला बाई, रमा बाई, प्रेम बाई और संता बाई के रूप में हुई है। जिला अस्पताल में डॉक्टरों की एक टीम उनका उपचार कर रही है। स्थानीय पुलिस ने घटना का संज्ञान लेते हुए मामले की जांच शुरू कर दी है।
झांसी महानगर में लगातार गंभीर होते जा रहे जाम से निजात दिलाने के लिए अब जिला प्रशासन ने केंद्र सरकार के आवासन एवं शहरी कार्य मंत्रालय से सहयोग मांगा है। नगर निगम और स्मार्ट सिटी लिमिटेड द्वारा लाखों रुपये खर्च कर किए गए तमाम प्रयोगों के बावजूद यातायात व्यवस्था में अपेक्षित सुधार नहीं हो सका। जिला प्रशासन ने भी अपने स्तर पर कई प्रयास किए, लेकिन स्थिति जस की तस बनी रही। मंत्रालय से मिले सुझावों के बाद गुरुवार देर शाम कमिश्नर, डीएम, नगर आयुक्त, जेडीए सचिव और एसएसपी खुद सड़कों पर उतरे और शहर के प्रमुख चौराहों पर जाम की स्थिति का जायजा लिया।गौरतलब है कि पिछले कुछ महीनों से शहर के इलाइट चौराहा, जीवनशाह तिराहा, चित्रा, सीपरी बाजार, नन्दनपुरा, जेल चौराहा, कचहरी चौराहा, इलाइट से गोविंद चौराहा समेत लगभग सभी प्रमुख स्थानों पर कई-कई घंटों तक जाम लग रहा है। नगर निगम और स्मार्ट सिटी द्वारा कुछ चौराहों की गोलाई (सर्किल) में बदलाव किए गए, ट्रैफिक सिग्नल बंद किए गए ताकि वाहनों को रुकना न पड़े, लेकिन इससे भी राहत नहीं मिली। इन सभी प्रयासों में लाखों रुपये खर्च हुए। जब नगर निगम के प्रयास कारगर नहीं रहे तो पुलिस और जिला प्रशासन ने ट्रैफिक संभालने की जिम्मेदारी ली। ट्रैफिक डायवर्जन, बैरिकेडिंग जैसे उपाय भी किए गए, लेकिन हालात इतने बिगड़े कि डायवर्जन वाले रास्तों पर भी जाम लगने लगा। गुरुवार को कमिश्नर बिमल दुबे, डीएम मृदुल चौधरी, नगर आयुक्त आकांक्षा राणा, एसएसपी बीबीजीटीएस मूर्ति सहित झांसी विकास प्राधिकरण के अधिकारी इलाइट चौराहा पहुंचे और मौके पर स्थिति का निरीक्षण कर समीक्षा की। लखनऊ की टीम ने दिए सुझावकमिश्नर बिमल दुबे ने बताया कि भारत सरकार के आवासन एवं शहरी कार्य मंत्रालय की लखनऊ स्थित रीजनल एंड अर्बन एनवायरनमेंट स्टडीज की क्षेत्रीय टीम को झांसी बुलाया गया है। टीम ने सभी प्रमुख चौराहों पर अध्ययन कर जाम के कारणों की पहचान की है और उससे निपटने के लिए कुछ फौरी सुझाव दिए हैं, जिन्हें लागू किया जा रहा है।सड़क पुनर्निर्माण और खंभे शिफ्टकमिश्नर ने बताया कि मंत्रालय की टीम ने कुछ सड़कों को रिबिल्ड करने का सुझाव दिया है। इसी क्रम में मेडिकल कॉलेज के पास की सड़क का पुनर्निर्माण कराया गया है, जिससे वहां काफी हद तक जाम से राहत मिली है। इसके अलावा बिजली विभाग के 17 खंभों को शिफ्ट किया जाना है, जिनमें से 14 खंभे स्थानांतरित किए जा चुके हैं।कमिश्नर बिमल दुबे ने भरोसा दिलाया कि आगामी दो महीनों के भीतर झांसी महानगर को जाम की समस्या से काफी हद तक मुक्त कर दिया जाएगा।
जबलपुर के बरगी पटेल तिराहा पर राजस्व और पुलिस की संयुक्त टीम ने अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई की। कार्रवाई के दौरान दुकानदार गुहार लगाते रहे, लेकिन प्रशासन ने दुकानों को तोड़ दिया। इसी दौरान निगरी निवासी दुकानदार मिंकू अग्रवाल की मौके पर ही तबीयत बिगड़ गई और उन्हें अटैक आ गया। उन्हें अपोलो हॉस्पिटल ले जाया गया, जहां सदमे के कारण उनकी मौत हो गई। दुकानदार की मौत की सूचना मिलते ही प्रशासन ने कार्रवाई रोक दी और मौके पर चल रही चार जेसीबी मशीनों को हटा लिया। सूचना मिली है कि मृतक के परिजन, पीड़ित पक्ष और ग्रामवासी थाने का घेराव करने की तैयारी कर रहे हैं।
बलिया के जिलाधिकारी मंगला प्रसाद सिंह ने गुरुवार शाम सदर तहसील का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने कई स्थानों पर अव्यवस्था पाई, जिस पर संबंधित अधिकारियों और कर्मचारियों को कड़ी फटकार लगाई और समयबद्ध सुधार के निर्देश दिए। परिसर में गंदगी मिलने पर जिलाधिकारी ने नाजिर को सख्त चेतावनी दी। उन्होंने बिजली विभाग को लटके तारों को व्यवस्थित करने और साफ-सफाई दुरुस्त रखने का निर्देश दिया। तहसील परिसर के सामने पार्किंग व्यवस्था सुनिश्चित करने के पूर्व निर्देशों का पालन न होने पर एसडीएम को फटकार लगाते हुए तत्काल व्यवस्था सुधारने को कहा गया। खतौनी निकालने की व्यवस्था अव्यवस्थित पाए जाने पर डीएम ने प्रारूप चस्पा करने, आवेदन जमा करने के लिए अलग काउंटर बनाने और निर्धारित 15 रुपये शुल्क की जानकारी सार्वजनिक करने के निर्देश दिए। उन्होंने बारकोड के माध्यम से भुगतान की व्यवस्था सुनिश्चित करने को भी कहा और अधिक शुल्क लेने पर एफआईआर दर्ज करने की चेतावनी दी। होमगार्ड के बैठने के स्थान पर लेखपालों के बैठने की व्यवस्था और भवन की खराब रंगाई-पुताई पर भी नाराजगी व्यक्त की गई। किशोर न्यायालय बोर्ड के आसपास गंदगी मिलने पर तत्काल सफाई के निर्देश दिए गए। न्यायालय कक्षों में कंप्यूटर की साफ-सफाई, लटके तारों को व्यवस्थित करने और अतिरिक्त अलमारियों को हटाने के आदेश दिए गए। एसडीएम कार्यालय में फाइलों के रखरखाव को लेकर निर्देश दिए गए कि सभी फाइलें संबंधित धाराओं के अनुसार व्यवस्थित रूप से रखी जाएं। साथ ही, वर्तमान में किस अलमारी में किस धारा की कितनी फाइलें हैं, इसका लिखित विवरण उपलब्ध कराया जाए। एसडीएम कोर्ट के पास बैठे फौजदारी स्टेनो को खाली हॉल में स्थानांतरित करने के निर्देश दिए गए। उप जिलाधिकारी कार्यालय को तीन दिन में खाली कर उसमें नायब तहसीलदार का कार्यालय संचालित करने को कहा गया। विद्युत कक्ष में पुरानी टूटी कुर्सियां और अन्य उपकरण पाए जाने पर तहसीलदार अतुल हर्ष को कड़ी फटकार लगाई गई और उनसे तुरंत स्पष्टीकरण मांगा गया। लेखपाल कक्ष में सभी कानूनगो और लेखपालों के बैठने की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए गए। बीआरसी/विधानसभा फेफना कार्यालय में आपदा, कोर्ट, वरासत, गणना प्रपत्र फार्म 06 और अन्य फाइलों के इधर-उधर रखे जाने पर जिलाधिकारी ने कड़ी नाराजगी व्यक्त की। अभिलेखागार में विभिन्न विभागों की फाइलें मिश्रित पाए जाने पर आपदा विभाग, अभिलेखागार रजिस्ट्रार और कानूनगो के खिलाफ विभागीय कार्रवाई तथा नायब तहसीलदार का वेतन रोकने के निर्देश दिए गए। सभी कर्मचारियों को चेतावनी दी गई कि 20 दिन के भीतर व्यवस्था सुधार ली जाए, अन्यथा वेतन रोकने की कार्रवाई की जाएगी।बाढ़ संबंधी त्रिपाल सामग्री और वाउचर न देने पर भी वेतन रोकने के निर्देश दिए गए।बीआरसी और विधानसभा फेफना कार्यालय को एक स्थान पर शिफ्ट करने का आदेश दिया गया। अभिलेखागार में लेखपालों के लिए रखे गए तीन लैपटॉप और वहां कोर्ट की फाइलें रखे जाने पर नायब तहसीलदार से लिखित जवाब तलब किया गया।निर्वाचन स्टोर के निरीक्षण में गंदगी और खाली बॉक्स/कबाड़ मिलने पर डीएम ने उन्हें वेयरहाउस में शिफ्ट करने तथा निर्वाचन पत्रावलियों और अन्य सामान को अलग- अलग कक्षों में व्यवस्थित रखने के निर्देश दिए। जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया कि व्यवस्था सुधार में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी और निर्धारित समयसीमा में सभी निर्देशों का अनुपालन सुनिश्चित किया जाए।निरीक्षण में एसडीएम सदर तिमराज सिंह,तहसीलदार अतुल हर्ष एवं अन्य अधिकारीगण उपस्थित रहे।
चार्टर्ड अकाउंटेंट्स (CA) को वकीलों और डॉक्टरों की तरह कानूनी सुरक्षा देने की मांग अब राज्यसभा तक पहुंच गई है। राज्यसभा सांसद और सुप्रीम कोर्ट के वरिष्ठ अधिवक्ता विवेक कृष्ण तंखा ने सदन में “सीए प्रोटेक्शन एक्ट” लाने का प्रस्ताव रखा और सीए समुदाय को कानूनी सुरक्षा देने की जरूरत पर जोर दिया। इंस्टीट्यूट ऑफ चार्टर्ड अकाउंटेंट्स ऑफ इंडिया (ICAI) रायपुर शाखा के पूर्व अध्यक्ष रवि ग्वालानी ने कहा कि यह उनके लंबे समय से चल रहे प्रयासों का परिणाम है। उन्होंने बताया कि उन्होंने सबसे पहले इस मुद्दे को संगठित रूप में उठाया और विभिन्न मंचों, सम्मेलनों और बैठकों में लगातार इस पर ध्यान दिलाया। रायपुर में सीए प्रोटेक्शन एक्ट की मांग उठाई वर्ष 2023 में रायपुर शाखा के अध्यक्ष रहते हुए आयोजित क्षेत्रीय सम्मेलन में भी ग्वालानी ने इस प्रस्ताव को जोर-शोर से रखा और कहा कि बढ़ते दायित्व और जिम्मेदारियों को देखते हुए सीए को कानूनी सुरक्षा की जरूरत है। ग्वालानी ने दिल्ली प्रवास के दौरान विवेक कृष्ण तंखा से कई बार मुलाकात कर इस विषय पर चर्चा की। इसके बाद 12 फरवरी 2026 को तंखा ने राज्यसभा में इसे पेश किया, जिसे सदन ने गंभीरता से सुना। इसके पहले अंतरराष्ट्रीय मंच “World Forum of Accountants” में भी विवेक कृष्ण तंखा ने सीए को कानूनी सुरक्षा देने की आवश्यकता पर जोर दिया। इस कार्यक्रम में ग्वालानी ने मॉडरेटर की भूमिका निभाई। राज्यसभा में सीए प्रोटेक्शन एक्ट पेश राज्यसभा में प्रस्ताव पेश किए जाने के बाद देशभर के चार्टर्ड अकाउंटेंट्स ने इस पहल का स्वागत किया। इसे पेशेवर समुदाय में एक ऐतिहासिक कदम माना जा रहा है, जो भविष्य में सीए समुदाय को कानूनी सुरक्षा प्रदान करेगा। विवेक कृष्ण तंखा दूसरी बार राज्यसभा सदस्य हैं, और वे मध्यप्रदेश हाई कोर्ट के एडवोकेट जनरल और सुप्रीम कोर्ट में अतिरिक्त सॉलिसिटर जनरल रह चुके हैं। रवि ग्वालानी ने देशभर के चार्टर्ड अकाउंटेंट्स को बधाई देते हुए कहा कि उम्मीद है कि निकट भविष्य में “सीए प्रोटेक्शन एक्ट” बनेगा और इससे सीए समुदाय सुरक्षित और मजबूत माहौल में काम कर सकेगा।
रामपुर के जिला पंचायत कार्यालय में हुए अधिवक्ता फारुख हत्याकांड के वीडियो ने पुलिस जांच को नई दिशा दे दी है। फुटेज सामने आने के बाद पुलिस ने तत्काल घटनास्थल का दोबारा निरीक्षण किया। थाना सिविल लाइन प्रभारी संजीव कुमार, सीओ सिटी जितेंद्र कुमार और अपर पुलिस अधीक्षक अनुराग सिंह भारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। फॉरेंसिक टीम ने उस कमरे की बारीकी से जांच की, जहां गोली चलने की घटना हुई थी। दरवाजों, फर्श और कमरे में मौजूद अन्य वस्तुओं से महत्वपूर्ण साक्ष्य एकत्र किए गए। एहतियातन संबंधित सभी कमरों को फिलहाल सील कर दिया गया है। निरीक्षण के दौरान जिला पंचायत अध्यक्ष ख्यालीराम लोधी भी मौजूद रहे। वीडियो में दिखाई दे रहे ऑफिस इंचार्ज महबूब को पुलिस ने उनके आवास से बुलाकर पूछताछ की। उन्होंने बताया कि कमरे से तेज बहस और मारपीट की आवाजें आ रही थीं। मौके पर पहुंचकर स्थिति संभालने का प्रयास किया गया, लेकिन तब तक हालात गंभीर हो चुके थे। हालांकि, विवाद की वास्तविक वजह अब तक स्पष्ट नहीं हो सकी है। पुलिस ने चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी फईम से भी विस्तृत पूछताछ की। अधिकारियों ने घटना से पहले और दौरान की गतिविधियों की क्रमवार जानकारी ली, जिसमें यह जानने की कोशिश की गई कि किस समय कौन व्यक्ति मौके पर पहुंचा और किस परिस्थिति में तनाव बढ़ा। ज्ञात हो कि बीते बुधवार दोपहर करीब 1:30 बजे कार्यालय परिसर में तैनात कर्मचारी असगर अली पर अधिवक्ता फारुख को गोली मारकर हत्या करने का आरोप है। इस घटना में असगर अली भी घायल हुआ, जिसका उपचार मुरादाबाद के एक निजी अस्पताल में पुलिस निगरानी में चल रहा है। अपर पुलिस अधीक्षक अनुराग सिंह ने बताया कि मामले की हर पहलू से गंभीरता से जांच की जा रही है और वायरल वीडियो समेत सभी उपलब्ध साक्ष्यों का परीक्षण किया जा रहा है। पुलिस ने भरोसा दिलाया है कि जांच के आधार पर आगे की वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।
कटनी जिले के स्लीमनाबाद थाना क्षेत्र में गुरुवार रात एक भीषण सड़क हादसे के बाद जमकर बवाल हुआ। बंधी रेलवे फाटक के पास एक तेज रफ्तार हाइवा ने बाइक सवार दो युवकों को कुचल दिया, जिससे दोनों की मौके पर ही मौत हो गई। इस घटना से गुस्साए ग्रामीणों ने हाइवा चालक की पिटाई की और मौके पर पहुंची पुलिस टीम पर भी हमला कर दिया। हादसे में धरवारा के दो युवकों की गई जान जानकारी के अनुसार, रात करीब 7 बजे बंधी स्टेशन के पास रेलवे फाटक की ओर से आ रहे राजेंद्र कोल (30) और राजा भैया कोल (30) को हाइवा (PB10HN2438) ने जोरदार टक्कर मार दी। दोनों युवक धरवारा गांव के रहने वाले थे। टक्कर इतनी भीषण थी कि दोनों ने मौके पर ही दम तोड़ दिया। हादसे की खबर मिलते ही मृतकों के परिजन और सैकड़ों ग्रामीण सड़क पर उतर आए। डायल 112 पर पथराव, पुलिसकर्मी घायल घटना के बाद गुस्सा इतना ज्यादा था कि जब डायल 112 वाहन मौके पर पहुंचा, तो भीड़ ने उस पर पथराव शुरू कर दिया। इस हमले में वाहन में सवार दो पुलिसकर्मी और पायलट को चोट आईं। पुलिसकर्मियों को जान बचाकर वहां से भागना पड़ा। इसके बाद आक्रोशित भीड़ ने पकड़े गए हाइवा चालक के साथ भी मारपीट की। भारी पुलिस बल ने संभाला मोर्चा तनावपूर्ण स्थिति की सूचना मिलते ही एसडीओपी आकांक्षा चतुर्वेदी, स्लीमनाबाद थाना प्रभारी सुदेश सुमन और माधवनगर थाना प्रभारी संजय दुबे भारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने ग्रामीणों को काफी देर तक समझाया और दोषियों पर सख्त कार्रवाई का भरोसा दिया, तब कहीं जाकर मामला शांत हुआ। पुलिस ने दोनों शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। आरोपी चालक को हिरासत में लिया एसडीओपी आकांक्षा चतुर्वेदी ने बताया कि हाइवा को जब्त कर लिया गया है और चालक को हिरासत में ले लिया गया है। भीड़ के हमले में दो पुलिसकर्मियों और वाहन पायलट को चोट आई हैं, हालांकि अब स्थिति नियंत्रण में है। एहतियात के तौर पर गांव में देर रात तक पुलिस बल तैनात रखा गया है।
संभल में एक बुजुर्ग किसान की अज्ञात वाहन की टक्कर से मौत हो गई। किसान मंडी समिति में गोभी बेचकर ऑटो रिक्शा से घर लौट रहा था। टक्कर मारने के बाद चालक बुजुर्ग को चंदौसी रोड पर छोड़कर फरार हो गया। मेडिकल कॉलेज के गार्ड ने उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया, जहां इलाज के दौरान उनकी मृत्यु हो गई। उक्त हादसा गुरुवार दोपहर करीब 12 बजे संभल कोतवाली क्षेत्र के चंदौसी रोड पर गांव बिछोली के पास हुआ। मृतक की पहचान नूरियों सराय निवासी 60 वर्षीय शिवकुमार सैनी पुत्र खेमचंद सैनी के रूप में हुई है। वह संभल की उपकृषि उत्पादन मंडी समिति से गोभी बेचकर अपने गांव लौट रहे थे। अज्ञात वाहन की टक्कर के बाद चालक उन्हें सड़क किनारे घायल अवस्था में छोड़कर भाग गया। सिद्धिविनायक मेडिकल कॉलेज के गार्ड ने घायल बुजुर्ग को देखा और एंबुलेंस बुलाकर अस्पताल में भर्ती कराया। दोपहर करीब 2 बजे बुजुर्ग ने दम तोड़ दिया। काफी देर तक उनकी पहचान नहीं हो पाई थी। बाद में उनकी जेब से मिली एक पर्ची के आधार पर पुलिस ने छानबीन कर परिजनों को सूचना दी। सूचना मिलने पर परिजन मेडिकल कॉलेज पहुंचे। परिजनों की मांग पर पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराया। शाम 7 बजे बुजुर्ग का शव गांव पहुंचा, जिसके बाद परिजनों ने गमगीन माहौल में अंतिम संस्कार किया। मृतक शिवकुमार के चार बेटे और एक बेटी है। उनकी 22 वर्षीय बेटी गायत्री की अभी शादी नहीं हुई है। इंस्पेक्टर गजेंद्र सिंह ने बताया कि सड़क हादसे में बुजुर्ग की मौत हुई है। पुलिस अज्ञात वाहन की तलाश के लिए सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही है। परिजनों की ओर से अभी तक कोई शिकायत दर्ज नहीं कराई गई है।
कुशीनगर में विद्युत कर्मचारी संयुक्त संघर्ष समिति, उत्तर प्रदेश के आह्वान पर बुधवार को प्रदेशभर में बिजली कर्मियों ने प्रदर्शन किया। निजीकरण और इलेक्ट्रिसिटी (अमेंडमेंट) बिल के विरोध में लाखों बिजली कर्मचारी, जूनियर इंजीनियर और इंजीनियर कार्य बहिष्कार कर कार्यालयों के बाहर एकत्र हुए। संघर्ष समिति के केंद्रीय पदाधिकारियों ने चेतावनी दी है कि यदि प्रदेश में जारी निजीकरण प्रक्रिया रद्द नहीं की गई और टेंडर जारी किया गया, तो सभी बिजली कर्मचारी, जूनियर इंजीनियर और इंजीनियर सामूहिक 'जेल भरो आंदोलन' शुरू करेंगे। समिति ने इसकी पूरी जिम्मेदारी राज्य सरकार पर डाली है। समिति ने यह भी स्पष्ट किया कि यदि संसद के बजट सत्र में इलेक्ट्रिसिटी (अमेंडमेंट) बिल 2025 पारित करने का प्रयास किया जाता है, तो देशभर के लगभग 27 लाख बिजली कर्मचारी बिना किसी पूर्व सूचना के तत्काल कार्य बंद कर 'लाइटनिंग स्ट्राइक' पर चले जाएंगे। इसकी जिम्मेदारी केंद्र सरकार की होगी। आंदोलन के प्रमुख मुद्दों में पावर सेक्टर के निजीकरण का विरोध, इलेक्ट्रिसिटी (अमेंडमेंट) बिल 2025 और प्रस्तावित नेशनल इलेक्ट्रिसिटी पॉलिसी 2026 की वापसी शामिल है। उत्तर प्रदेश में निजीकरण प्रक्रिया को निरस्त करने और पुरानी पेंशन योजना बहाल करने की मांग भी प्रमुखता से उठाई गई। अन्य मांगों में नियमित कार्यों में आउटसोर्सिंग पर रोक लगाना, खाली पदों पर सीधी भर्ती करना और आउटसोर्स कर्मियों के नियमितीकरण की मांग भी शामिल है। संघर्ष समिति ने दावा किया कि इस आंदोलन में पहली बार संयुक्त किसान मोर्चा और दस केंद्रीय ट्रेड यूनियनों ने भी सक्रिय भागीदारी की। राजधानी लखनऊ के शक्ति भवन सहित प्रदेश के सभी जिलों में बड़े पैमाने पर प्रदर्शन हुए, जिनमें हजारों किसान भी शामिल हुए। समिति के संयोजक शैलेन्द्र दुबे ने कहा कि बिजली क्षेत्र का निजीकरण गरीब उपभोक्ताओं, छोटे और मध्यम उद्योगों के हित में नहीं है। उन्होंने स्पष्ट किया कि सार्वजनिक बिजली व्यवस्था की रक्षा के लिए यह निर्णायक संघर्ष जारी रहेगा।
छत्रपति शाहू जी महाराज विश्वविद्यालय के अटल बिहारी वाजपेयी स्कूल ऑफ लीगल स्टडीज ने 'क्लाइंट काउंसलिंग' विषय पर एक ऑनलाइन कार्यशाला का आयोजन किया। इसमें भावी अधिवक्ताओं को कोर्ट रूम की व्यावहारिक बारीकियों से अवगत कराया गया। कार्यशाला का मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों को यह समझाना था कि सफल कानूनी करियर के लिए केवल धाराओं का ज्ञान ही नहीं, बल्कि क्लाइंट के साथ व्यवहार कुशलता भी उतनी ही महत्वपूर्ण है। कार्यक्रम के मुख्य वक्ता, सुप्रीम कोर्ट के अधिवक्ता करण गुप्ता ने अपने वर्षों के अनुभव साझा किए। उन्होंने बताया कि एक सफल वकील बनने की पहली शर्त क्लाइंट की बात को एकाग्रता और धैर्य के साथ सुनना है। करण गुप्ता ने प्रभावी संवाद और तथ्यों की स्पष्ट समझ को किसी भी मामले की मजबूत नींव बताया। उन्होंने जोर देकर कहा कि जब तक अधिवक्ता और क्लाइंट के बीच विश्वास का मजबूत रिश्ता स्थापित नहीं होता, तब तक केस की सही दिशा तय करना मुश्किल होता है। कानूनी प्रक्रिया की बारीकियों पर चर्चा करते हुए, अधिवक्ता करण गुप्ता ने 'मार्किंग ऑफ सिनॉप्सिस' के महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने समझाया कि न्यायालय में सफलता की कुंजी संक्षिप्त और स्पष्ट प्रस्तुति में निहित है। किसी भी वाद की सटीक तैयारी और उसे कम शब्दों में प्रभावी ढंग से पेश करना एक कला है, जो निरंतर अभ्यास से विकसित होती है। उन्होंने वास्तविक जीवन के विभिन्न उदाहरणों के माध्यम से विद्यार्थियों को यह भी समझाया कि कठिन परिस्थितियों में क्लाइंट को कैसे संभालना चाहिए और कानूनी उलझनों का व्यावहारिक समाधान किस प्रकार निकाला जाता है। इस कार्यशाला में बी.ए.एलएल.बी., बी.बी.ए.एलएल.बी. और एलएल.बी. के विद्यार्थियों ने सक्रिय रूप से भाग लिया। उन्होंने वकालत के पेशे से जुड़ी अपनी शंकाओं का समाधान किया। कार्यक्रम के दौरान संस्थान की निदेशक डॉ. स्मृति रॉय, सहायक निदेशक डॉ. राहुल तिवारी और डॉ. शामिउद्दीन भी उपस्थित रहे।
रेवाड़ी में बूढ़पुर रोड पर किन्नरों के दो गुटों में जमकर लाठी डंडें और ईंट पत्थर चले। जिससे कई गाड़ियों को नुकसान हुआ। किन्नरों के दो गुटों के झगड़े से आसपास के लोगों और राहगीरों में खौफ में रहे। मोना गुट ने अपने साथियों के अपहरण का आरोप लगाते हुए चौकी के सामने बवाल काटा और प्रदर्शन किया। पुलिस ने किसी प्रकार स्थिति को संभाला और बातचीत के लिए दोनों गुटो को रामपुरा थाने ले गई। जिससे लोगों ने राहत की सांस ली। कुछ दिन पहले दोनों गुट विकास नगर में आमने सामने आ चुके हैं। मोना गुट ने प्रीत सिमरन और खुबसुरत पर विवाद बढ़ाने का आरोप लगाया। वसीयत का हवाला देकर ठोका दावा रुकसार के निधन के बाद किन्नरों के दो गुटों में विवाद बना हुआ है। गद्दी पर उनके शिष्य मोना उर्फ बॉबी अपना दावा ठोक रहे है। उनका कहना है कि रुकसार ने अपनी वसीयत में उन्हें अपना उत्तराधिकारी बनाया था। जिस कारण उनकी मौत के बाद गद्दी उन्हें सौंपी गई थी। अब दूसरे स्थानों से आकर किन्नर अवैध रूप से बधाई वसूलकर अपना बर्चस्व बढ़ाने का प्रयास कर रहे हैं। साथियों के अपहरण का आरोप मोना गुट का आरोप है कि बाहर से आए कुछ लोगों ने उनके साथियो का अपहरण किया है। दूसरे गुट के लोग उन्हें लगातार धमकियां दे रहे हैं। उन्होंने कहा कि अपने क्षेत्र में बाहरी लोगों का हस्तक्षेप किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। किन्नरों के उत्पात का शिकार हुए लोगों ने सरकार और प्रशासन से कड़ी कार्रवाई करने की मांग की है।
कानपुर में आगामी महाशिवरात्रि पर्व को शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के लिए पुलिस प्रशासन सक्रिय हो गया है। इसी क्रम में मंगलवार देर शाम पुलिस उपायुक्त दक्षिण दीपेंद्र नाथ चौधरी ने थाना सजेती और साढ़ क्षेत्र के प्रमुख शिव मंदिरों का भौतिक निरीक्षण कर सुरक्षा व्यवस्थाओं का जायजा लिया। डीसीपी चौधरी ने थाना सजेती के अंतर्गत ग्राम नीबिया खेड़ा स्थित प्राचीन शिव मंदिर और विहारेश्वर महादेव मंदिर का दौरा किया। उन्होंने मंदिर परिसर, प्रवेश-निकास मार्ग, बैरिकेडिंग, पार्किंग व्यवस्था और भीड़ नियंत्रण के उपायों की समीक्षा की। संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि दर्शनार्थियों की संख्या को देखते हुए पर्याप्त पुलिस बल तैनात किया जाए। साथ ही, संवेदनशील बिंदुओं पर विशेष निगरानी रखने के आदेश भी दिए गए। इसके बाद, डीसीपी ने थाना साढ़ क्षेत्र के ग्राम करचुलीपुर स्थित महादेव मंदिर और भीतरगांव के खेरेश्वर महादेव मंदिर का भी निरीक्षण किया। उन्होंने आयोजकों और स्थानीय पुलिस अधिकारियों के बीच समन्वय स्थापित कर कार्य करने के निर्देश दिए। उन्होंने सीसीटीवी कैमरे, लाउडस्पीकर, प्रकाश व्यवस्था और यातायात प्रबंधन को दुरुस्त रखने के लिए भी आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। डीसीपी दक्षिण ने मौजूद पुलिस बल को स्पष्ट निर्देश दिए कि महाशिवरात्रि के दौरान कानून-व्यवस्था से कोई समझौता नहीं किया जाएगा। भीड़भाड़ वाले स्थानों पर सादी वर्दी में पुलिसकर्मियों की तैनाती, नियमित पेट्रोलिंग और संदिग्ध व्यक्तियों पर कड़ी निगरानी रखने के आदेश भी दिए गए।
चित्रकूट के राजापुर थाना क्षेत्र के ग्राम रुपैली में गुरुवार को एक हेलीपेड निर्माण कार्य के दौरान बड़ा हादसा हो गया। ट्रैक्टर से जमीन समतल करते समय 13 वर्षीय नाबालिग अभिनंदन की पहिए में फंसकर मौत हो गई। घटना के बाद गांव में आक्रोश फैल गया और ग्रामीणों ने शव को लेकर हंगामा किया। ग्रामीणों के अनुसार, गांव में हर साल दंगल का आयोजन होता है। इस बार एक नामी पहलवान के हेलीकॉप्टर से आने की सूचना थी, जिसके चलते कार्यक्रम स्थल पर हेलीपेड तैयार किया जा रहा था। मैदान को ट्रैक्टर-लेवलर से समतल किया जा रहा था। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि अभिनंदन लेवलर पर बैठा था, तभी अचानक संतुलन बिगड़ने से वह नीचे गिर गया और ट्रैक्टर के पिछले पहिए की चपेट में आ गया। उसकी मौके पर ही मौत हो गई। मृतक की मां ने आरोप लगाया कि अभिनंदन पास के विद्यालय में पढ़ने गया था। उसे वहीं से बुलाकर ट्रैक्टर पर बैठाया गया था। उन्होंने पूरी घटना के लिए चालक को जिम्मेदार ठहराया है। ग्रामीणों का आरोप है कि हादसे के बाद चालक और ट्रैक्टर मालिक ने मिलीभगत कर शव को छिपाने का प्रयास किया। बताया जा रहा है कि शव को करीब 500 मीटर दूर ले जाकर स्कूल के पास रखी गिट्टी में फेंक दिया गया और आरोपी फरार हो गए। मामला उस समय और गरमा गया जब परिजनों ने पुलिस पर भी गंभीर आरोप लगाए। उनका कहना था कि बिना विधिवत पंचनामा किए शव को निजी वाहन से ले जाने की कोशिश की गई। इसके विरोध में ग्रामीणों ने रुपैली से मुख्य सड़क को जाने वाले मार्ग पर लगभग एक घंटे तक जाम लगा दिया। राजापुर पुलिस के साथ पहाड़ी और सरघुवा थानों की पुलिस फोर्स भी तैनात की गई। अधिकारियों के समझाने-बुझाने के बाद स्थिति शांत हुई और जाम समाप्त कराया गया।सूचना मिलने पर क्षेत्राधिकारी (सीओ) मऊ मौके पर पहुंचे। कहा मामला संज्ञान में आया है तहरीर प्राप्त हुई है मुकदमा दर्ज हो गया है । आरोपी गिरफ्तार क़र लिया है जाँच की जा रही है।
6 साल के मासूम का शव बंद स्कूल में मिला:हरदा में गले पर चोट के निशान; दोपहर से लाता था बच्चा
हरदा के एक सरकारी स्कूल में 6 साल के मासूम का शव गुरुवार रात मिला है। उसके गले पर चोट के निशान हैं। बालक दोपहर एक बजे से लापता था। मृतक का नाम अनिल कोरकू है। मासूम के परिवार के लोगों का रो-रोकर बुरा हाल है। मामला हरदा जिले के सिविल लाइन थाना क्षेत्र के ग्राम सुखरास का है। मामला सामने आने के बाद पुलिस खण्डहर पड़े स्कूल में जांच के लिए पहुंची है। मासूम अनिल दोपहर एक बजे से अपने घर से लापता था। परिजनों को सूचना मिली और वे मौके पर पहुंचे, तो बालक के गले पर चोट के निशान दिखाई दिए। घटना की सूचना मिलने पर पुलिस तत्काल मौके पर पहुंची है। अभी तक फिलहाल बच्चे की मौत के कारणों के बारे में कोई स्पष्ट जानकारी सामने नहीं आई है। पुलिस मामले की जांच कर रही है। दो साल से बंद पड़ा है स्कूलग्रामीणों ने बताया कि करीब दो सालों से स्कूल खण्डर के रूप में पड़ा हुआ है। टीआई आर एस तिवारी अपनी टीम के साथ मौके पर पहुचकर जांच कर रहे है। स्कूल जाने वाले मार्ग पर एक घर मे लगे सीसीटीवी फुटेज में बालक जाता हुआ दिखाई दिया है। ग्रामीणों ने बातया कि मृतक अनिल की मां का देहांत हो चुका है। उसे उसके बड़े पापा ने पाला है।
अजमेर के चर्चित फोटो ब्लैकमेलिंग कांड की पीड़िताओं को कोर्ट के आदेशों के डेढ़ साल बाद भी 17 में से केवल दो ही पीड़िताओं को अब तक मुआवजा मिला है। भाजपा विधायक संदीप शर्मा के सवाल के लिखित जवाब में गुरुवार को सरकार ने दावा किया है कि बची हुई पीड़िताओं और उनके परिजन मुआवजा लेने में रुचि नहीं दिखा रहे हैं। संदीप शर्मा के सवाल के लिखित जवाब में विधि विभाग ने बताया कि अजमेर की पॉक्सो मामलों की स्पेशल कोर्ट संख्या-2 ने 20 अगस्त 2024 को फैसला दिया था। इसमें 17 पीड़िताओं के मामले में हरेक को 7-7 लाख रुपए की मुआवजा राशि देने के लिए जिला विधिक सेवा प्राधिकरण को आदेश दिए थे। कोर्ट ने पीड़िताओं को 30 दिन में मुआवजा देने के आदेश दिए थे। वहीं अब तक 17 पीड़िताओं में से 2 पीड़िताओं को ही सात-सात लाख रुपए के हिसाब से कुल 14 लाख का मुआवजा दिया गया है। इसमें 14 पीड़िताओं को मुआवजा दिया जाना बाकी है। एक पीड़िता का देहांत हो चुका है। 2 पीड़िताओं को दिए 14 लाख रुपएपहचान छिपाकर रह रही पीड़िताओं को मुआवजा नहीं देने के सवाल के जवाब में कहा गया कि जिला विधिक सेवा प्राधिकरण अब तक कुल 2 पीड़िताओं को कुल 14 लाख की मुआवजा राशि दे चुका है। बची हुई 14 पीड़िताओं को मुआवजा राशि दिलवाए जाने के लिए उनके परिजनों से संपर्क किया गया। अभी तक पीड़िताओं या उनके परिजनों ने मुआवजा राशि लेने में कोई रुचि नहीं दिखाई है। कोर्ट के आदेशों की पालना में अगले तीन साल तक बाकी पीड़िताओं को मुआवजा राशि दिलवाने के प्रयास किए जाएंगे। यदि कोई पीड़िता, जिसने मुआवजा राशि प्राप्त नहीं की हो तो तीन साल के बाद भी मुआवजा लेने की इच्छुक होंगी तो उन्हें इसका भुगतान किया जाएगा। कांड के 32 साल बाद अगस्त 2024 में कोर्ट ने सुनाया था फैसलाअजमेर फोटो ब्लैकमेलिंग कांड देशभर में चर्चित हुआ था। वर्ष 1992 में यह मामला सामने आया थाा। एक गिरोह ने कॉलेज और स्कूली छात्राओं को ब्लैकमेल कर 100 छात्राओं के साथ गैंगरेप किया था। उन्हें आपत्तिजनक फोटो से ब्लैकमेल किया गया था। एक स्टूडियो से आपत्तिजनक फोटो लीक होने के बाद यह मामला सामने आया था। मामले में उस समय 6 छात्राओं ने सुसाइड कर लिया था। इसका मुकदमा लंबा चला। इस केस के 6 आरोपियों के खिलाफ 23 जून 2001 को चार्जशीट पेश हुई थी। इसके बाद 20 अगस्त 2024 को केस में 6 दोषियों को उम्रकैद की सजा सुनाई थी। इसी दौरान पीड़िताओं को सात-सात लाख मुआवजा देने के आदेश दिए थे। …………….. अजमेर ब्लैकमेल कांड से जुड़ी ये खबर भी पढ़िए... अजमेर सेक्स स्कैंडल के 6 दोषियों को उम्रकैद:32 साल पहले 100 छात्राओं के साथ गैंगरेप किया था; 5-5 लाख का जुर्माना लगाया अजमेर में 32 साल पहले हुए देश के सबसे बड़े सेक्स स्कैंडल के 6 दोषियों को जिला अदालत ने 20 अगस्त, मंगलवार को उम्रकैद की सजा सुनाई। इसके साथ ही उन पर 5-5 लाख का जुर्माना भी लगाया है। पूरी खबर पढ़िए… अजमेर के गुनहगारों के खिलाफ 21 साल लड़ीं 2 पीड़िताएं:अमेरिकी नागरिक ने बचने के लिए पासपोर्ट दिखाया, सरकारी वकील ने उसी से सजा दिलाई 100 से ज्यादा लड़कियों से गैंगरेप, सबसे बड़ा सेक्स स्कैंडल:भगोड़ा घोषित कर सही धारा में चार्जशीट बनाते तो 32 साल नहीं बच पाते 6 आरोपी राजस्थान का सबसे बड़ा सेक्स स्कैंडल:रसूखदार घरों की लड़कियों के न्यूड फोटो मार्केट में आए, एक गलती की वजह से नहीं मिल पा रहा इंसाफ
दमोह जिले के हटा बस स्टैंड पर गुरुवार शाम इंदौर जा रही एक स्लीपर बस के अचानक ब्रेक फेल हो गए। ढलान की ओर तेजी से बढ़ती बस को देख यात्री घबरा गए, लेकिन चालक ने सूझबूझ दिखाते हुए बस को किले की दीवार से टकराकर रोक दिया। इससे बस में सवार दर्जनों यात्रियों की जान बच गई। स्टैंड से निकलते ही बेकाबू हुई बस जानकारी के अनुसार, बालाजी ट्रांसपोर्ट की बस (MP40P0282) शाम करीब पांच बजे हटा बस स्टैंड से इंदौर के लिए रवाना हुई थी। जैसे ही बस नगर पालिका कार्यालय के पास पहुंची, वह अचानक अनियंत्रित हो गई। बस बूढ़ा हटा की ओर जाने वाले ढलान पर तेजी से बढ़ने लगी। चालक को जैसे ही अहसास हुआ कि ब्रेक काम नहीं कर रहे हैं, उसने तुरंत शोर मचाकर यात्रियों और राहगीरों को सतर्क कर दिया। चालक ने किले की दीवार की ओर मोड़ा ढलान पर बस की रफ्तार बढ़ती देख चालक ने बस को पास ही स्थित किले की दीवार की ओर मोड़ दिया। दीवार से टकराते ही बस रुक गई। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि यदि बस ढलान पर आगे निकल जाती, तो वह बाजार की भीड़भाड़ वाले इलाके में घुस सकती थी, जिससे कई लोगों की जान जा सकती थी। गनीमत रही कि इस टक्कर में किसी भी यात्री को गंभीर चोट नहीं आई। पुलिस ने संभाली व्यवस्था हादसे की खबर मिलते ही हटा पुलिस मौके पर पहुंची। बस सागर जिले के बालाजी ट्रांसपोर्ट की बताई जा रही है। घटना के बाद कुछ देर के लिए बस स्टैंड पर अफरा-तफरी का माहौल बना रहा, जिसे पुलिस ने मौके पर पहुंचकर शांत कराया। यात्रियों को दूसरी बसों के जरिए उनके गंतव्य की ओर रवाना किया गया।
दुर्ग में 26 मामलों से जुड़ा बैंक खाता उजागर:50 लाख के संदिग्ध लेन-देन में एक गिरफ्तार, 6 पर शिकंजा
दुर्ग पुलिस ने साइबर अपराध पर बड़ी कार्रवाई करते हुए बैंक खातों के जरिए ठगी की रकम खपाने वाले गिरोह का पर्दाफाश किया है। साइबर सेल और सुपेला थाना पुलिस की संयुक्त कार्रवाई में 26 प्रकरणों से जुड़े संदिग्ध खातों का खुलासा हुआ है। इस दौरान एक म्यूल अकाउंट संचालित करने वाले आरोपी को गिरफ्तार भी किया गया है। साइबर सेल दुर्ग ने जिले में दर्ज साइबर धोखाधड़ी के मामलों की समीक्षा की। जांच में सामने आया कि ठगी की रकम विभिन्न बैंकों के खातों में जमा की जा रही थी और फिर चेक के साथ अन्य बैंकिंग माध्यमों से निकाली जा रही थी। जांच में 6 खाताधारकों के संदिग्ध लेन-देन का खुलासा विशेष अभियान के तहत गठित टीम ने 6 खाताधारकों की पहचान कर उनसे पूछताछ की। जांच में पता चला कि एक बैंक खाता अकेले 26 अलग-अलग शिकायतों से जुड़ा है। वहीं, एक अन्य खाते में 13 लाख रुपए के संदिग्ध लेन-देन का पता चला। इसके अतिरिक्त, 15 हजार, 38 हजार 800 रुपए से लेकर 50 लाख रुपए तक की रकम के संदिग्ध ट्रांजेक्शन भी सामने आए हैं। पुलिस के अनुसार, इन खातों का उपयोग ठगी की रकम निकालने और उसे आगे ट्रांसफर करने या नकद निकासी के लिए किया गया था। दुर्ग में बैंक खातों की जांच में छह लोग शामिल जांच के दायरे में आए खाताधारकों में रूपेश बंजारे, आजेंद्र साहू, जावेद शेख, सरस्वती निषाद, हेमा बिनानी और अभिषेक गुप्ता (सभी निवासी दुर्ग) शामिल हैं। पुलिस ने इनके खिलाफ वैधानिक कार्रवाई शुरू कर दी है। संबंधित बैंक खातों के दस्तावेज, चेक और लेन-देन से जुड़े अभिलेख जब्त किए गए हैं। कुछ मामलों में पहले से अपराध दर्ज हैं, जबकि अन्य में नए अपराध दर्ज कर जांच जारी है। इस बीच, सुपेला थाना पुलिस ने गृह मंत्रालय के 'समन्वय पोर्टल' से मिली सूचना के आधार पर एक म्यूल अकाउंट संचालित करने वाले आरोपी को गिरफ्तार किया है। इस खाते में 3.05 लाख रुपए की ठगी की रकम जमा की गई थी। बैंक अकाउंट ठगी के लिए हो रहा था इस्तेमाल जांच में सामने आया कि एचडीएफसी बैंक सुपेला शाखा में रूपेश बोबड़े (32 वर्ष), निवासी जुनवानी, सुपेला ने एक बैंक खाता खुलवाया था। 1 जून 2025 से 11 फरवरी 2026 के बीच इस खाते में 3,05,273 रुपए की संदिग्ध ऑनलाइन राशि जमा हुई। पुलिस के मुताबिक यह खाता ऑनलाइन ठगी की रकम प्राप्त करने के उद्देश्य से उपयोग किया जा रहा था। आरोपी खिलाफ मामला दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया गया है।
लखनऊ में गंगोत्री विहार में होगी पैमाइश:सरकारी नाले खोले जाएंगे, नगर निगम ने बनाई टीम
लखनऊ में सुभासपा विधायक बेदी राम के मामले में नगर निगम की तरफ से कमेटी का गठन कर दिया गया है। यह कमेटी गंगोत्री विहार में नालों की पैमाइश करेगी। इसके बाद एक सप्ताह में रिपोर्ट देगी। संपत्ति अधिकारी रामेश्वर प्रसाद के नेतृत्व में तहसीलदार, नायब तहसीलदार सहित अन्य लोगों की टीम बनाई गई है। यह मामले में पूरी रिपोर्ट नगर निगम को देगी। वहीं, विधायक बेदी राम के लॉन की भी पैमाइश होनी है। नगर निगम ने तहसील को भेजी डिटेल नगर निगम की तरफ से मामले में तहसील को पत्र भेजा गया है। इसके बाद भरवारा में बने सभी सरकारी नालों के जमीन की जांच होगी। इसके बाद नगर निगम की तरफ से मामले में रिपोर्ट भेजी जाएगी। विधायक बेदी राम की शिकायत के बाद नगर निगम की तरफ से सपा पार्षद ममता रावत के पति गौतम रावत के भी संपत्तियों की पैसाइश नगर निगम की तरफ से की जाएगी। विधायक की शिकायत और आरोप के बाद पूरा नगर निगम एक्टिव मोड में आ गया है। नाला खुलवाने से लोगों को मिलेगी राहत नगर निगम की रिपोर्ट सामने आने के बाद नगर निगम की तरफ से नालों को खुलवाया जाएगा। ताकि पिछले डेढ़ साल से समस्या झेल रहे गंगोत्री विहार के लोगों को राहत मिल सके। फिलहाल लोगों ने नाला बंद करने का आरोप सुभासपा विधायक बेदी राम पर आरोप लगाया है।
पन्ना जिले के अजयगढ़ थाना क्षेत्र में एक टूटे हुए पुल से बाइक सवार चाचा-भतीजे सीधे नीचे गिर गए। इस हादसे में 60 वर्षीय चाचा की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि उनका भतीजा गंभीर रूप से घायल है। इस घटना के बाद स्थानीय लोगों में प्रशासन की अनदेखी को लेकर भारी गुस्सा है। वहीं पुलिस मामले की जांच कर रही है। भैंस के लिए दवा लेने जा रहे थे जानकारी के मुताबिक, ग्राम खमरिया निवासी मिट्ठूलाल पाल (60) अपने भतीजे चंद्रभान पाल (25) के साथ बाइक पर सवार होकर बरियारपुर जा रहे थे। वे भैंस के लिए दवा लेने निकले थे। शाम करीब 7:30 बजे जब वे गड़ड़पुर पुल के पास पहुंचे, तो रात के अंधेरे में उन्हें यह अंदाजा नहीं हुआ कि पुल आगे से टूटा हुआ है। पलक झपकते ही उनकी बाइक बेकाबू होकर पुल के गहरे गड्ढे में जा गिरी। करीब दस फिट से नीचे गिरने के बाद मिट्ठूलाल पाल के सिर और अन्य जगह गंभीर चोट आई। अस्पताल में चाचा को मृत घोषित किया हादसे के बाद चीख-पुकार सुनकर मौके पर पहुंचे ग्रामीणों ने तुरंत '112 डायल' पुलिस को सूचना दी। लोगों की मदद से दोनों को कड़ी मशक्कत के बाद पुल के नीचे से बाहर निकाला गया और अजयगढ़ अस्पताल पहुंचाया गया। वहां डॉक्टरों ने जांच के बाद मिट्ठूलाल पाल को मृत घोषित कर दिया। घायल चंद्रभान पाल का अस्पताल में इलाज चल रहा है, जिसकी हालत गंभीर बताई जा रही है। लोग बोले- यह प्रशासन की बड़ी लापरवाही ग्रामीणों ने बताया कि भारी बारिश की वजह से यह पुल काफी समय पहले ही टूट चुका था। इतने दिन बीत जाने के बाद भी प्रशासन ने यहां न तो कोई चेतावनी बोर्ड लगाया और न ही रास्ते को रोकने के लिए बैरिकेड्स लगाए। ग्रामीणों का कहना है कि वे कई बार पुल की मरम्मत की मांग कर चुके थे, लेकिन अधिकारियों ने इस ओर ध्यान नहीं दिया। इसी लापरवाही की वजह से आज एक हंसता-खेलता परिवार उजड़ गया। अजयगढ़ थाना प्रभारी हरि सिंह ठाकुर ने बताया- बाइक अनियंत्रित होकर पुल के नीचे गिरने से वृद्ध की मौत हुई है। यह हादसा पुल टूटा होने और अंधेरे के कारण चालक द्वारा नियंत्रण खो देने की वजह से हुआ। शव का पंचनामा बनाकर उसे पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। फिलहाल मामले की जांच शुरू कर दी गई है।
टोंक में अवैध गांजा, हथकढ़ शराब और ई-सिगरेट जब्त:डीएसटी ने तीन आरोपी किए गिरफ्तार, कैश भी जब्त
जिला स्पेशल टीम के प्रभारी ओम प्रकाश ने टीम द्वारा सदर थाने के बंबोर रोड़ पर बाईक सवार सनी सांसी (19) पुत्र दिलीप कुमार सांसी निवासी पोल्याडा थाना दूनी हाल अम्बेडकर कॉलोनी हाउसिंग बोर्ड टोंक के कब्जे से करीब 50 हजार कीमत का 1 किलोग्राम अवैध मादक पदार्थ गांजा व 100 लीटर हथकढ़ शराब जब्त की है। इसी तरह कोतवाली टोंक इलाका क्षेत्र में 99 शॉप पर कार्रवाई करते हुए आरोपी नवेद खान (37) पुत्र मोहम्मद अतीक निवासी बडा कुंआ शेर अली खां के कब्जे से करीब 70 हजार कीमत की प्रतिबंधित 31 फ्लेवर युक्त ई सिगरेट (इलेक्ट्रॉनिक सिगरेट), पांच धारदार चाकू व खरीद फरोख्त राशि 3 हजार 300 रुपए बरामद किए हैं। इसके खिलाफ जाकर आर्म्स एक्ट तथा इलेक्ट्रॉनिक सिगरेट निषेध अधिनियम 2019 के तहत मामला दर्ज किया है। इसी प्रकार पचेवर थाना क्षेत्र के कचोलिया ग्राम में आरोपी रामपाल जाट (63) पुत्र ज्वारा जाट निवासी माताजी का स्थान कचोलिया पचेवर के कब्जे से करीब 15 हजार रुपए कीमत का 1 किलोग्राम अवैध मादक पदार्थ डोडा पोस्त बरामद किया गया है। डीएसटी द्वारा तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर उन्हें संबंधित थाना पुलिस के सुपुर्द कर दिया है।
मंदसौर जिले के सीतामऊ में गुरुवार शाम एक सुखद तस्वीर सामने आई। यहां अनुविभागीय अधिकारी (SDM) शिवानी गर्ग ने जमीन पर बैठकर दिव्यांगजनों की समस्याएं सुनीं। विकलांग संगठन के बैनर तले दिव्यांगों ने अपनी विभिन्न मांगों को लेकर एसडीएम को ज्ञापन सौंपा। एसडीएम ने हर बिंदु पर चर्चा कर जल्द निराकरण का आश्वासन दिया है। संगठन के सदस्यों ने बताया कि दिव्यांगजनों को शासन की योजनाओं का लाभ समय पर नहीं मिल पा रहा है। ज्ञापन में प्रमुख रूप से दिव्यांग पेंशन बढ़ाकर 5000 रुपए प्रतिमाह करने, बीपीएल राशन कार्ड बनाने, प्रधानमंत्री आवास योजना का लाभ देने और 30 प्रतिशत दिव्यांगजनों को इलेक्ट्रिक साइकिल उपलब्ध कराने की मांग की गई। साथ ही कहा गया कि जिन दिव्यांगों का अंगूठा नहीं लग पाता, उनकी पेंशन परिवार के सदस्य के खाते में डाली जाए। रोजगार और पहचान पत्र के लिए मिले सुविधा ज्ञापन में कौशल प्रशिक्षण और स्वरोजगार के लिए ऋण दिलाने, शिविर लगाकर दिव्यांगों की पहचान करने, यूडीआईडी (UDID) कार्ड जारी करने में सहयोग और बाधा मुक्त वातावरण को बढ़ावा देने जैसी मांगें भी शामिल थीं। राष्ट्रीय संस्थानों की सेवाओं के लिए आउटरीच केंद्र बनाने की बात भी कही गई। यह ज्ञापन नंदलाल पाटीदार के नेतृत्व में सौंपा गया। SDM बोलीं- हर संभव प्रयास करेंगे एसडीएम शिवानी गर्ग ने दिव्यांगजनों को आश्वस्त किया कि उनकी मांगों को गंभीरता से लिया जाएगा। उन्होंने कहा कि संबंधित विभागों के माध्यम से इन समस्याओं का शीघ्र समाधान करने का हर संभव प्रयास किया जाएगा।
गुरुग्राम में दिल्ली-गुरुग्राम एक्सप्रेसवे पर एक महिला ने अपने पति को उसकी महिला मित्र के साथ रंगे हाथों पकड़ लिया। इसके बाद बीच सड़क पर जमकर हंगामा हुआ, जहां पत्नी ने पति और उसकी गर्लफ्रेंड की पिटाई कर दी। यह घटना गुरुवार सुबह राजीव चौक के पास हुई। बताया जा रहा है कि महिला दिल्ली से ही अपने पति की कार का पीछा कर रही थी। जैसे ही पति अपनी महिला मित्र के साथ गुरुग्राम पहुंचा, पत्नी ने एक्सप्रेसवे पर उनकी गाड़ी को रोक लिया। उसने गाड़ी के आगे वाले शीशे पर पत्थर फेंकना शुरू कर दिया। गाड़ी रुकते ही महिला ने अंदर बैठे अपने पति और उसकी गर्लफ्रेंड पर हमला कर दिया। सड़क के बीचों-बीच हुए इस झगड़े को देखकर आसपास से गुजर रहे वाहन ड्राइवर भी रुक गए और देखते ही देखते मौके पर भीड़ इकट्ठा हो गई। पत्नी ने गर्लफ्रेंड का बाल पकड़कर गाड़ी से खींचा पत्नी ने पति की गर्लफ्रेंड को बालों से पकड़कर गाड़ी से बाहर खींच लिया और सड़क पर गिराकर उसकी पिटाई शुरू कर दी। जब पति अपनी महिला मित्र को बचाने के लिए बीच में आया, तो पत्नी ने उस पर भी थप्पड़ों की बरसात कर दी। भीड़ में मौजूद लोग महिला को शांत करने और पुलिस बुलाने की सलाह देते रहे, लेकिन काफी देर तक एक्सप्रेसवे पर हंगामा जारी रहा। सूचना मिलने पर सिविल लाइन्स थाना पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने तीनों को थाने ले जाकर पूछताछ की। सिविल लाइन्स थाने में तैनात एएसआई शिवशंकर ने बताया कि राजीव चौक के पास झगड़े की सूचना मिली थी। दोनों पक्षों ने एक-दूसरे के खिलाफ मारपीट की शिकायत दर्ज कराई है। पति दिल्ली का रहने वाला पुलिस के अनुसार व्यक्ति दिल्ली का रहने वाला है और एस्ट्रोलॉजर के तौर पर काम करता है। वह अपनी महिला मित्र के साथ आया था, जो मूल रूप से महाराष्ट्र की रहने वाली है और एक आईटी कंपनी में कार्यरत है। महिला एक दिन पहले ही महाराष्ट्र से गुरुग्राम उससे मिलने आई थी। बताया गया है कि दोनों पिछले 7-8 महीनों से एक-दूसरे को जानते थे। पुलिस ने बताया कि व्यक्ति कल से घर नहीं गया था, जिस कारण पत्नी को पहले से शक था और उसने पति का पीछा किया। फिलहाल पुलिस दोनों पक्षों से पूछताछ कर रही है और मामले की जांच जारी है।
पानीपत के लोहारी गांव में अपनी ही पत्नी की निर्मम हत्या करने वाले आरोपी पति को इसराना थाना पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी कपिल ने महज दो दिन पहले अपनी 30 वर्षीय पत्नी पूजा की मफलर से गला घोंटकर हत्या कर दी थी और मौके से फरार हो गया था। पुलिस ने आरोपी को उझा रोड स्थित एकता विहार कॉलोनी के पास से दबोचने में सफलता हासिल की है। इसराना थाना प्रभारी सब इंस्पेक्टर महिपाल ने बताया कि गिरफ्तारी के बाद हुई प्रारंभिक पूछताछ में कपिल ने अपना जुर्म कबूल कर लिया है। आरोपी ने बताया कि वह पत्नी के मायके जाने से नाराज था। 10 फरवरी की सुबह जब उसके सास-ससुर काम पर चले गए, तो उसने पत्नी को साथ चलने के लिए कहा। इनकार करने पर दोनों के बीच बहस हुई और उसने आवेश में आकर मफलर से पूजा का गला घोंट दिया। टीवी की आवाज की तेज पूछताछ में एक चौंकाने वाला खुलासा हुआ है। आरोपी ने बताया कि जब वह पूजा का गला घोंट रहा था, तो उसने कमरे में लगे टीवी की आवाज बहुत तेज कर दी थी। ऐसा उसने इसलिए किया ताकि पूजा की चीखें और छटपटाहट की आवाजें बाहर किसी पड़ोसी को सुनाई न दें। हत्या के बाद उसने लाश को चारपाई पर रजाई से ऐसे ढका जैसे वह सो रही हो और खुद चुपके से भाग निकला। बर्बाद हो गया परिवार 12 साल का रिश्ता: कपिल और पूजा की शादी 12 साल पहले हुई थी, लेकिन आरोपी की मारपीट और शक की आदत ने इस रिश्ते का अंत लहू से किया। अनाथ हुए 4 बच्चे: इस हत्याकांड के बाद पूजा के 3 बेटे और 1 बेटी अब पूरी तरह अनाथ हो गए हैं। माँ की मौत हो चुकी है और पिता अब जेल की सलाखों के पीछे है। पुलिस की कार्रवाई इसराना पुलिस के अनुसार, आरोपी कपिल निवासी किवाना को शुक्रवार को कोर्ट में पेश किया जाएगा। पुलिस इस मामले में अन्य सबूत भी जुटा रही है ताकि आरोपी को सख्त से सख्त सजा दिलवाई जा सके।
रोहतक जिले में महम के पूर्व विधायक बलराज कुंडू से 5 करोड़ रुपए की फिरौती मांगने का मामला जिला पुलिस के संज्ञान में आया है। बलराज कुंडू के रोहतक व गुरुग्राम में घर है। ई-मेल के माध्यम से शिकायत प्राप्त होने पर पुलिस द्वारा बीएनएसएस की धारा 197 के तहत कार्रवाई करते हुए थाना अर्बन एस्टेट में आरोपियों के खिलाफ धारा 308(4) बीएनएस के तहत जीरो एफआईआर दर्ज की गई है। जिस समय फिरौती की कॉल प्राप्त हुई, उस समय बलराज कुंडू चंडीगढ़ में थे। मामला चंडीगढ़ से संबंधित होने के कारण रोहतक पुलिस द्वारा जीरो एफआईआर को चंडीगढ़ पुलिस के पास आगामी जांच के लिए भेजा गया है। इसके अतिरिक्त रोहतक मे स्थित इनके आवास पर पुलिस सुरक्षा बढा दी गई है। आवास के पास 24 घंटे के लिए नाकाबंदी कर शस्त्र पुलिस बल तैनात किया गया है। संबंधित प्रभारी थाना को भी दिशा निर्देश दिए गए हैं। घर के आप-पास पैट्रोलिंग ड्यूटी भी लगाई गई है। मामले में जिला पुलिस द्वारा कानून अनुसार व परिवार की सुरक्षा को देखते हुए हर संभव कार्य किए जा रहे हैं।
घाटमपुर नगर के मुख्य चौराहे पर गुरुवार को उस समय हंगामा खड़ा हो गया, जब शिव बारात का प्रचार कर रहे एक डीजे वाहन को ट्रैफिक पुलिस ने रोक लिया। पुलिसकर्मियों पर ₹2000 की मांग करने का आरोप लगाते हुए आयोजन समिति के कार्यकर्ताओं ने जमकर विरोध प्रदर्शन किया। काफी देर तक चौराहे पर अफरा-तफरी और नोकझोंक का माहौल बना रहा। बताया गया कि आगामी 15 फरवरी को निकलने वाली ऐतिहासिक शिव बारात के प्रचार-प्रसार के लिए डीजे वाहन नगर में भ्रमण कर रहा था। इसी दौरान मुख्य चौराहे पर तैनात ट्रैफिक पुलिसकर्मियों ने वाहन को रोक लिया। आयोजन समिति के कार्यकर्ताओं का आरोप है, कि वाहन छोड़ने के एवज में पुलिसकर्मियों ने ₹2000 की मांग की और दबाव बनाने का प्रयास किया। घटना की जानकारी मिलते ही स्थानीय लोग और शिव बारात आयोजन समिति के कार्यकर्ता बड़ी संख्या में मौके पर पहुंच गए। इस दौरान पुलिस और कार्यकर्ताओं के बीच तीखी बहस हुई। कार्यकर्ताओं ने चौराहे को “उगाही का अड्डा” बताते हुए पुलिस के खिलाफ नाराजगी जताई। कुछ देर के लिए माहौल तनावपूर्ण हो गया और यातायात भी प्रभावित रहा। डीसीपी साउथ को फोन पर दी गई शिकायत मामला बढ़ता देख आयोजन समिति के पदाधिकारियों ने डीसीपी साउथ दीपेंद्र नाथ चौधरी को फोन कर पूरे घटनाक्रम की जानकारी दी। उच्चाधिकारियों के हस्तक्षेप के बाद ट्रैफिक पुलिस ने वाहन को बिना किसी जुर्माने या कार्रवाई के छोड़ दिया। प्रदर्शन कर रहे कार्यकर्ताओं का कहना था, कि घाटमपुर चौराहे पर ट्रैफिक पुलिस आए दिन वाहन चालकों को परेशान करती है और अवैध वसूली की शिकायतें मिलती रहती हैं। धार्मिक आयोजन के प्रचार वाहन के साथ इस तरह के व्यवहार से लोगों में आक्रोश है। पहले ही हो चुका है रूट निरीक्षण गौरतलब है, कि 15 फरवरी को प्रस्तावित शिव बारात को लेकर प्रशासन पहले से अलर्ट मोड पर है। हाल ही में डीसीपी साउथ समेत अन्य अधिकारियों ने बारात के रूट का निरीक्षण कर सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया था। ऐसे में इस कथित घटना ने पुलिस-आयोजन समिति के बीच तालमेल पर सवाल खड़े कर दिए हैं।
बदायूं में एक भीषण सड़क हादसे में तीन लोगों की मौत हो गई, जबकि 10 से अधिक लोग घायल हो गए। गुरुवार शाम को गांव के ट्रैक्टर-ट्रॉली से सवार होकर शादी में शामिल होने जा रहे थे। इसी दौरान दो ट्रैक्टर-ट्रॉलियां आमने-सामने टकरा गईं। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि ट्रॉली के परखच्चे उड़ गए और उसमें सवार लोग नीचे दब गए। हादसे के बाद मौके पर चीख-पुकार मच गई। ग्रामीणों ने तत्काल राहत और बचाव कार्य शुरू किया तथा पुलिस को सूचना दी। सूचना मिलते ही थाना पुलिस मौके पर पहुंची और ग्रामीणों की मदद से घायलों को बाहर निकाला। एंबुलेंस 112 की सहायता से सभी घायलों को CHC पहुंचाया गया, जहां उनका उपचार जारी है। गंभीर रूप से घायल 10 से अधिक लोगों को जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया है। मामला सिद्ध बरौलिया गांव के पास का है। अब जानिए पूरा मामला वजीरगंज थाना क्षेत्र के उरैना गांव से एक ट्रैक्टर-ट्रॉली में सवार होकर लोग उघैती थाना क्षेत्र के टेहरा गांव में शादी समारोह में भात की रस्म में शामिल होने जा रहे थे। इसी दौरान सिद्ध बरौलिया गांव के पास सहसवान की ओर से आ रहे तेज रफ्तार ट्रैक्टर से उनकी भिड़ंत हो गई। बताया जा रहा है कि एक ट्रैक्टर सहसवान की ओर से और दूसरा बिसौली की ओर से आ रहा था। मामला उघैती थाना क्षेत्र का है। देखें, हादसे की 3 तस्वीरें… हादसे के बाद मौके पर चीख-पुकार मच गई। ग्रामीणों ने तत्काल राहत और बचाव कार्य शुरू किया तथा पुलिस को सूचना दी। सूचना मिलते ही थाना पुलिस मौके पर पहुंची और ग्रामीणों की मदद से घायलों को बाहर निकाला। एंबुलेंस 112 की सहायता से सभी घायलों को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र बिसौली पहुंचाया गया, जहां उनका उपचार जारी है। गंभीर रूप से घायल 10 से अधिक लोगों को जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया है। फिलहाल तीन लोगों की मौत की पुष्टि हुई है। मृतकों और घायलों के नामों की आधिकारिक पुष्टि नहीं हो सकी है। हादसे के बाद दूसरे ट्रैक्टर का चालक वाहन मौके पर छोड़कर फरार हो गया। पुलिस ने दोनों ट्रैक्टरों को कब्जे में लेकर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है। पुलिस मामले की जांच में जुटी है और फरार चालक की तलाश की जा रही है।
पूर्व मंत्री और कांग्रेस नेता प्रताप सिंह खाचरियावास ने राज्य सरकार के हालिया बजट को पूरी तरह दिशाहीन और जनविरोधी बताते हुए कड़ी आलोचना की है। उन्होंने कहा कि यह सरकार का तीसरा बजट है, लेकिन अब तक प्रदेश में विकास का कोई ठोस असर नजर नहीं आ रहा है। खाचरियावास बोले- जयपुर के करीब ₹3000 करोड़ के विकास प्रोजेक्ट रद्द किएखाचरियावास ने आरोप लगाया कि बिना पर्याप्त चर्चा के बजट पेश कर सरकार ने लोकतांत्रिक परंपराओं की अनदेखी की है। उन्होंने कहा कि जयपुर के करीब ₹3000 करोड़ के विकास प्रोजेक्ट रद्द कर दिए गए, जो शहर को आगे ले जा सकते थे। अब सरकार केवल खोखले वादे कर जनता को गुमराह कर रही है। “युवाओं को नौकरी चाहिए, जुमले नहीं- खाचरियावासउन्होंने रोजगार के मुद्दे पर सरकार को घेरते हुए कहा- प्रदेश के लाखों संविदा कर्मचारी वर्षों से नियमितीकरण की मांग कर रहे हैं, लेकिन बजट में उनके लिए कोई ठोस नीति नहीं बनाई गई। उन्होंने कहा- युवाओं को नौकरी चाहिए, जुमले नहीं। आम आदमी की आय घट रही है, जबकि खर्च लगातार बढ़ रहा : खाचरियावासमहंगाई, पेट्रोल-डीजल की बढ़ती कीमतों और ग्रामीण अर्थव्यवस्था की अनदेखी को लेकर भी खाचरियावास ने सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने कहा- आम आदमी की आय घट रही है, जबकि खर्च लगातार बढ़ रहा है। बजट में इससे राहत देने के लिए कोई प्रभावी प्रावधान नहीं किया गया। उन्होंने आरोप लगाया कि यह बजट केवल आंकड़ों और घोषणाओं तक सीमित है, जबकि जमीनी हकीकत इससे अलग है। किसानों, मजदूरों, युवाओं और मध्यम वर्ग को इससे कोई सीधा लाभ नहीं मिला है। खाचरियावास ने सरकार से मांग की कि वह घोषणाओं की राजनीति छोड़कर धरातल पर काम करे और जनता को समयबद्ध, पारदर्शी और ठोस परिणाम दे, ताकि प्रदेश में वास्तविक विकास हो सके।
शेयर मार्केट में निवेश के नाम पर 8 करोड़ 45 लाख रुपए की धोखाधड़ी करने वाले एक आरोपी को चांपा पुलिस ने पश्चिम बंगाल से गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपी के कब्जे से एक क्रेटा कार, 12 विभिन्न बैंकों के चेकबुक, 9 डेबिट कार्ड, 8 क्रेडिट कार्ड, पैन कार्ड, आधार कार्ड, ड्राइविंग लाइसेंस, 3 महंगे मोबाइल फोन और 30 हजार रुपए नकद बरामद किए हैं। चांपा पुलिस के अनुसार, भूधर प्रसाद देवांगन (38) ने 30 जनवरी को चांपा थाने में शिकायत दर्ज कराई थी। उन्होंने बताया कि वर्ष 2021 में उनकी पहचान कोलकाता निवासी विश्वजीत देबनाथ से हुई थी। आरोपी ने शेयर मार्केट में निवेश पर प्रति माह 5 प्रतिशत ब्याज का लालच दिया और अधिक लोगों को जोड़ने पर अतिरिक्त लाभ का झांसा दिया। 5% ब्याज का लालच देकर करोड़ों की ठगी इस झांसे में आकर भूधर प्रसाद देवांगन और अन्य लोगों ने नकद, आरटीजीएस, एनईएफटी और चेक के माध्यम से कुल 8.45 करोड़ रुपए का निवेश कर दिया। शुरुआत के कुछ महीनों तक उन्हें 5 प्रतिशत ब्याज का भुगतान किया गया, लेकिन बाद में कंपनी में घाटा होने का बहाना बनाकर भुगतान बंद कर दिया गया। आरोपी लगातार पैसे लौटाने का झूठा आश्वासन देता रहा। पुलिस ने आरोपी को पश्चिम बंगाल से पकड़ा मामले में चांपा थाने में भारतीय दंड संहिता की धारा 420 और 34 के तहत अपराध दर्ज कर जांच शुरू की गई। मुखबिर की सूचना पर आरोपी विश्वजीत देबनाथ को ईटला पोड़ा पारा, पोस्ट कालीघाट, थाना कोतवाली कृष्णानगर, जिला नदिया, पश्चिम बंगाल से हिरासत में लिया गया। पूछताछ के दौरान आरोपी ने स्वीकार किया कि उसने निवेश की गई रकम से क्रेटा कार खरीदी, सोना खरीदा, अपने घर का रंग-रोगन कराया और बैंक में सोना जमा किया। पुलिस ने आरोपी को रिमांड पर लेकर आगे की पूछताछ शुरू कर दी है। इस मामले में अन्य तथ्यों की जांच जारी है।
दमोह कलेक्ट्रेट प्रदर्शन के दौरान हमला, 3 गिरफ्तार:पत्थरबाजी और मारपीट के आरोप में केस दर्ज
दमोह में कलेक्ट्रेट कार्यालय में बुधवार को हुए प्रदर्शन के दौरान मीडियाकर्मियों पर हमला करने के मामले में तीन नामजद और एक अज्ञात व्यक्ति के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है। पुलिस ने आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। यह घटना बैरिकेडिंग तोड़कर परिसर में घुसने के बाद हुई, जहां मीडियाकर्मियों के साथ मारपीट और पत्थरबाजी की गई थी। मामले में महेंद्र लोधी (दमोह), पुष्पेंद्र लोधी (चंडीचौपरा) और एक अन्य पुष्पेंद्र लोधी को आरोपी बनाया गया है। सीएसपी एचआर पांडे ने बताया कि कलेक्ट्रेट में प्रदर्शन को कवर कर रहे मीडियाकर्मियों से कुछ लोगों ने विवाद किया था। आवेदन मिलने के बाद जांच कर मामला दर्ज किया गया है। इस घटना के बाद आरोपियों के समर्थकों द्वारा सोशल मीडिया पर लगातार धमकी दी जा रही है। इन पोस्ट में अभद्र, भड़काऊ और जातिगत संघर्ष को बढ़ावा देने वाली बातें लिखी जा रही हैं। शुक्रवार को नोहटा में मुख्यमंत्री का आगमन है, जिसके पहले इस तरह की धमकियां सामने आ रही हैं। इसकी शिकायत पुलिस अधीक्षक से भी की गई है। कोतवाली टीआई मनीष कुमार ने बताया कि साइबर सेल की मदद से ऐसे लोगों को चिन्हित किया जा रहा है, जो सोशल मीडिया पर धमकियां दे रहे हैं। पुलिस इन पर भी कार्रवाई करेगी।
चंडीगढ़ सेक्टर-17 स्थित एक स्टेट ऑफिस में वीरवार रात करीब 8 बजे आग लग गई। सूचना मिलते ही फायर ब्रिगेड की गाड़ी मौके पर पहुंची और करीब एक घंटे की मशक्कत के बाद आग पर काबू पा लिया गया। आग लगने की सूचना के बाद कार्यालय के अधिकारी भी मौके पर पहुंचे। संबंधित थाना पुलिस की टीम भी स्थिति का जायजा लेने पहुंची। फायर अधिकारी जगतार सिंह ने बताया कि प्रारंभिक जांच में आग लगने का कारण शॉर्ट सर्किट सामने आया है। बताया जा रहा है कि फ्रिज के पीछे बिजली की तारों के आपस में संपर्क में आने से शॉर्ट सर्किट हुआ, जिससे आग भड़क गई। फायर ब्रिगेड की एक गाड़ी ने मौके पर पहुंचकर आग बुझाने का काम शुरू किया और समय रहते आग पर नियंत्रण पा लिया गया, जिससे बड़ा नुकसान टल गया।अधिकारियों के अनुसार, फिलहाल किसी प्रकार का जानी नुकसान नहीं हुआ है। वहीं कार्यालय की फाइलों या अन्य महत्वपूर्ण दस्तावेजों के जलने की भी कोई सूचना नहीं है। पुलिस और फायर विभाग की टीम मामले की जांच में जुटी है।
गोंडा जिले के तरबगंज तहसील क्षेत्र अंतर्गत बेलसर ब्लॉक की निहालपुर ग्राम पंचायत में देर शाम एक फूस के मकान में आग लग गई। अज्ञात कारणों से लगी इस आग में राम आसरे पाल का पूरा घर और गृहस्थी जलकर खाक हो गई। घटना रात करीब 7:30 बजे हुई। राम आसरे पाल अपने मकान के सामने बैठे थे जब उन्होंने आग लगते देखी और शोर मचाया। स्थानीय लोग तुरंत मौके पर पहुंचे, लेकिन तब तक आग ने विकराल रूप ले लिया था। ग्रामीणों ने तत्काल फायर ब्रिगेड को सूचना दी, लेकिन घंटों बीत जाने के बाद भी दमकल टीम मौके पर नहीं पहुंची। देखते ही देखते आग ने पूरे मकान को अपनी चपेट में ले लिया। स्थानीय लोगों ने कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। इस घटना में राम आसरे पाल की लाखों रुपये की गृहस्थी जलकर नष्ट हो गई। सूचना मिलने पर तरबगंज तहसील प्रशासन के अधिकारी मौके पर पहुंचे और पीड़ित परिवार से जानकारी ली। अधिकारियों ने स्थानीय लेखपाल और कानूनगो को तत्काल रिपोर्ट तैयार कर आर्थिक मदद उपलब्ध कराने के निर्देश दिए हैं। तरबगंज थाना अध्यक्ष कमलाकांत त्रिपाठी ने बताया कि स्थानीय लोगों और पुलिसकर्मियों की मदद से आग पर काबू पा लिया गया है। आग लगने के कारणों का अभी तक पता नहीं चल पाया है। तरबगंज थाने की पुलिस और तहसील प्रशासन के अधिकारी सभी बिंदुओं पर जांच कर रहे हैं। गनीमत रही कि मकान के अंदर कोई गैस सिलेंडर नहीं था, अन्यथा इस भीषण आग के चलते एक बड़ा हादसा हो सकता था।
दौसा जिले के मानपुर कस्बे में गुरुवार को हिन्दू सम्मेलन आयोजित किया गया। इसे लेकर सुनारों की बगीची से रवाना हुई कलश व शोभायात्रा नगर परिक्रमा करते हुए कचहरी मैदान पहुंची। जहां सतलोक आश्रम निकटपुरी के संत रामेश्वर साहिब महाराज के सान्निध्य में सम्मेलन आयोजित किया गया। मंदिर, कुआं और श्मशान पर भेद खत्म सम्बोधित करते हुए मुख्य वक्ता सामाजिक कार्यकर्ता मोहन सिंह ने कहा कि कुटुंब प्रबोधन, सामाजिक समरसता, पर्यावरण संरक्षण, स्वदेशी व नागरिक अनुशासन को समाज के बीच लागू मुख्य उद्देश्य है। उन्होंने कहा कि एक मंदिर, एक कुआं और एक शमशान पर सभी भेद समाप्त हो जाते हैं, यही समरसता का वास्तविक स्वरूप है। हिंदू समाज समर्थ भारत की नींव मुख्य वक्ता ने कहा कि संगठित हिंदू समाज ही समर्थ भारत की नींव है। उन्होंने स्पष्ट किया कि हिंदुत्व किसी जाति तक सीमित है और न ही केवल पूजा पद्धति तक, बल्कि यह एक जीवन पद्धति है, जिसका मूल सूत्र सर्वे भवन्तु सुखिनः और वसुधैव कुटुम्बकम् है। उन्होंने कहा कि समय के साथ चुनौतियों और शक्तियों का स्वरूप बदलता रहता है, लेकिन हिंदू चेतना सनातन बनी रहती है। राष्ट्र के प्रति कर्तव्यों को समझें मोहन सिंह ने आह्वान किया कि आज आवश्यकता है स्वदेशी अपनाने की, अपनी भाषा और संस्कृति पर गर्व करने की तथा राष्ट्र के प्रति कर्तव्यों को समझने की। भविष्य के भारत के निर्माण के लिए पंच परिवर्तन को आधार बनाकर कार्य करने का आह्वान किया गया। संगठित, स्वाभिमानी और संस्कारयुक्त समाज ही भारत को पुनः विश्वगुरु बनाने की दिशा में अग्रसर कर सकता है। उन्होंने कहा कि नागरिक कर्तव्यों और पर्यावरण संरक्षण पर बोलते हुए उन्होंने कहा कि लाल बत्ती पर रुकना, रेल यात्रा में टिकट लेना, जल का सीमित उपयोग करना, पॉलीथिन का त्याग करना और प्रदूषण को रोकना प्रत्येक नागरिक का कर्तव्य है। ऐसे छोटे-छोटे अनुशासन ही बड़े सामाजिक परिवर्तन का आधार बनते हैं। परिवारों से संस्कार भाव विकसित हों भावना शर्मा ने कुटुंब प्रबोधन पर बल देते हुए कहा कि प्रत्येक घर में सांस्कृतिक प्रतीकों का सम्मान, तुलसी का पौधा, स्वदेशी परिधान और मातृभाषा में संवाद होना चाहिए। उन्होंने भोजन के समय मोबाइल के स्थान पर पारिवारिक संवाद को प्राथमिकता देने जैसे संस्कारों को जीवन में अपनाने का आग्रह किया। सम्मेलन की अध्यक्षता कन्हैयालाल सैनी ने की। इस दौरान बड़ी तादात में महिला-पुरुष मौजूद रहे।
राजस्थान हाईकोर्ट की जोधपुर पीठ ने जालोर के भद्राजून थाने में दर्ज एक आपराधिक मामले की एफआईआर निरस्त करने की याचिका खारिज कर दी। जस्टिस बलजिंदर सिंह संधू की एकल पीठ ने दिलीप और भीमा राम द्वारा दायर याचिका पर सुनवाई करते हुए यह आदेश दिया। कोर्ट ने पाया कि पुलिस मामले की गहन जांच पूरी करने के बाद संबंधित अदालत में आरोपियों के खिलाफ चालान पेश कर चुकी है। जालोर जिले के भाद्राजून में भोरडा निवासी दिलीप (20) और भीमा राम (55) के खिलाफ पुलिस थाना भद्राजून में एफआईआर दर्ज की गई थी। इसमें आरोपियों पर एससी-एसटी एक्ट सहित अन्य धाराओं के तहत आरोप लगाए गए थे। याचिकाकर्ताओं ने इसके खिलाफ हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया था। उनकी मुख्य मांग इस एफआईआर और उसके आधार पर चल रही कानूनी कार्यवाही को पूरी तरह से निरस्त करने की थी। याचिकाकर्ता पक्ष से दो सुनवाई में गैरहाजिरसुनवाई के दौरान 10 फरवरी को यह देखा गया कि याचिकाकर्ताओं की ओर से कोई भी वकील कोर्ट में उपस्थित नहीं हुआ। इससे पहले हुई सुनवाई पर भी याचिकाकर्ता पक्ष से कोई हाजिर नहीं था। दूसरी ओर सरकार की ओर से लोक अभियोजक विक्रम राजपुरोहित व एडवोकेट निखिल भंडारी ने पक्ष रखा। पुलिस की तथ्यात्मक रिपोर्ट और फैसलाएडवोकेट भंडारी ने कोर्ट के समक्ष 9 फरवरी को तैयार की गई तथ्यात्मक रिपोर्ट पेश की। इस रिपोर्ट के माध्यम से कोर्ट को अवगत कराया गया कि पुलिस ने मामले की विस्तृत जांच पूरी कर ली है। जांच के निष्कर्षों के आधार पर पुलिस पहले ही इस मामले में चालान पेश कर चुकी है। कोर्ट ने अपने फैसले में मुख्य रूप से निम्नलिखित निर्देश दिए:याचिका का निस्तारण: चूंकि पुलिस जांच के बाद चालान पेश कर चुकी है, इसलिए कोर्ट ने एफआईआर रद्द करने की इस विविध याचिका को आधारहीन मानते हुए खारिज कर दिया। प्रस्तुतीकरण की स्वतंत्रता: हालांकि याचिका खारिज कर दी गई, लेकिन कोर्ट ने याचिकाकर्ताओं को यह विकल्प दिया कि यदि वे उचित समझें, तो अपनी बात या पक्ष रखने के लिए संबंधित जिला पुलिस अधीक्षक या जांच अधिकारी के समक्ष अपना री-प्रेजेंटशन पेश कर सकते हैं।
ग्वालियर में एक 9 वर्षीय बच्चे ने केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया को अपने खून से पत्र लिखकर न्याय की गुहार लगाई है। बच्चे ने शहर के एक जाने-माने डॉक्टर पर बिना डिग्री-डिप्लोमा के अत्यधिक दवाओं का डोज देने और उसके शरीर में गंभीर बीमारी पैदा करने का आरोप लगाया है। बच्चे और उसके पिता ने डॉक्टर के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। ग्वालियर निवासी 9 वर्षीय यशवर्धन राठौर तीसरी कक्षा में पढ़ता है। केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया के ग्वालियर आगमन की सूचना मिलने पर यशवर्धन अपने पिता मोनू राठौर के साथ ग्वालियर एयरपोर्ट पहुंचा। वहां उसने सिंधिया को अपने खून से लिखा न्याय की गुहार वाला पत्र सौंपा। सिंधिया ने पत्र देखने के बाद पिता-पुत्र को न्याय दिलाने का आश्वासन दिया। सिंधिया जब एयरपोर्ट से रवाना हो रहे थे, तब पिता-पुत्र एक बार फिर उनके काफिले के सामने आ गए। सिंधिया ने काफिला रोककर उनसे कहा कि वे बच्चे को न्याय अवश्य दिलाएंगे। पिता मोनू राठौर का आरोप है कि उनके बेटे यशवर्धन के सिर पर उम्र के हिसाब से बाल कम थे। बालों की कम ग्रोथ को देखते हुए वे शिंदे की छावनी स्थित डर्मेटोलॉजिस्ट डॉ. कुलदीप सक्सेना के क्लिनिक पर पहुंचे। यशवर्धन का इलाज साल 2020 से 2024 तक किया गया। इस इलाज के दौरान यशवर्धन को आराम नहीं मिला, बल्कि उसके बाल पूरी तरह गायब हो गए। उसकी आंखों की रोशनी कम हो गई और दांत टेढ़े होने लगे। जब बच्चे को ग्वालियर में आयोजित एम्स भोपाल के मेडिकल कैंप में दिखाया गया, तो उन्हें भोपाल में आगे की जांच के लिए बुलाया गया। शुरुआती जांच के बाद उन्हें दिल्ली एम्स रेफर किया गया, जहां डॉक्टरों ने उच्च स्तरीय जांच के बाद बच्चे की हालत गंभीर बताई है। केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने इस मामले में जल्द कार्रवाई का आश्वासन दिया है। वहीं, पिता-पुत्र ने यह भी कहा है कि यदि उन्हें न्याय नहीं मिला तो वे आत्मदाह कर लेंगे। गौरतलब है कि बच्चे की कुछ जांचे अमेरिका भी भेजी गई है। यह भी बताया गया है कि जैसे जैसे बच्चे की एज बढ़ेगी वैसे वैसे उसका शरीर और ज्यादा कमजोर होता जाएगा। आरटीआई के जरिये निकाले गए रिकॉर्ड के मुताबिक पिता मोनू का कहना है कि डॉ. कुलदीप सक्सेना के पास डर्मेटोलॉजिस्ट से जुड़ा कोई डिग्री डिप्लोमा नहीं है। वह अपनी पत्नी के नाम से रजिस्टर्ड क्लीनिक पर ही प्रैक्टिस करते हैं।ऐसे में बिना डिग्री डिप्लोमा के दूसरे के नाम से रजिस्टर्ड क्लीनिक पर प्रैक्टिस करते हुए उसके बच्चे को हाई लेवल के डोज दिए गए जिनमें कुछ स्टेरॉयड दवाएं भी शामिल रही। इन दवाओं के साइड इफेक्ट से बच्चे का जीवन आज खतरे में है। ग्वालियर सीएमएचओ से लेकर स्वास्थ्य मंत्री, जिले के प्रभारी मंत्री, डिप्टी सीएम, मुख्यमंत्री, नेता प्रतिपक्ष जीतू पटवारी सहित स्वास्थ्य विभाग के बड़े-बड़े अधिकारियों को शिकायती आवेदन देते हुए कार्रवाई की मांग की जा चुकी है, लेकिन हर बार मिलने वाले जांच वाले आश्वासन से पिता-पुत्र परेशान हैं।यही वजह रही कि अब खून के जरिए लिखे गए न्याय की गुहार वाले पत्र को केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया को सौंपा गया है। पिता-पुत्र का कहना है कि यदि अब भी उन्हें न्याय नहीं मिला तो वह आत्मदाह करने के लिए मजबूर होंगे।
महाशिवरात्रि के पर्व पर श्री काशी विश्वनाथ धाम में आयोजित चार दिवसीय “महाशिवरात्रि महोत्सव” के अंतर्गत तृतीय दिवस की सांस्कृतिक संध्या भव्य एवं भक्तिमय वातावरण में संपन्न हुई। कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य कार्यपालक अधिकारी, डिप्टी कलेक्टर, नायब तहसीलदार एवं अन्य अतिथियों की उपस्थिति में दीप प्रज्ज्वलन से हुआ। मुख्य अतिथि के रूप में के. वेंकट रमण घनपाठी तथा डिविजनल कमांडेंट, सिविल डिफेन्स जे.डी. सिंह उपस्थित रहे। इन कलाकारों की रही प्रस्तुति सांस्कृतिक कार्यक्रम का आरंभ सुप्रिया शाह के मधुर सितार वादन से हुआ, जिसमें तबले पर विभाष महाराज ने संगत दी। इसके पश्चात रंजना राय ने लोक गायन प्रस्तुत किया। सौरभ मिश्र एवं गौरव मिश्र की कथक प्रस्तुति ने दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया। समापन प्रस्तुति में शनि मिश्र ने भगवान शिव पर आधारित भक्तिमय गायन प्रस्तुत किया, जिसमें संगत कलाकारों ने समवेत रूप से वातावरण को शिवमय बना दिया। कार्यक्रम का प्रभावी संचालन मीनाक्षी दीक्षित ने किया। मंदिर प्रांगण में स्थित महादेव विग्रहों का हुआ पूजन इसी क्रम में महाशिवरात्रि की तैयारियाँ भी व्यापक रूप से जारी हैं। धाम परिसर में स्थित 15 विधान विग्रहों के रुद्राभिषेक की परंपरा के अंतर्गत आज श्री भुवनेश्वर महादेव, नवग्रह विग्रहों, श्री कुबेरेश्वर एवं श्री व्यासेश्वर जी का वैदिक मंत्रोच्चार के साथ विधिवत रुद्राभिषेक संपन्न कराया गया। विद्वान आचार्यों के सान्निध्य में श्रद्धालुओं ने सहभागिता कर पुण्य लाभ अर्जित किया।
लुधियाना के खन्ना में पुलिस ने जीटीबी मार्केट स्थित 10 गैरकानूनी इमिग्रेशन सेंटरों पर एक साथ छापेमारी की। इस दौरान बड़ी संख्या में पासपोर्ट और अन्य महत्वपूर्ण दस्तावेज बरामद हुए। पुलिस ने साफ कर दिया कि युवाओं के भविष्य से खिलवाड़ करने वाले आरोपियों को बख्शा नहीं जाएगा। एसएसपी डॉ. दर्पण आहलूवालिया के निर्देश पर 10 विशेष पुलिस टीमों का गठन किया गया था। इन टीमों ने खन्ना के प्रमुख एजुकेशन हब जीटीबी मार्केट में स्थित इमिग्रेशन सेंटरों पर एक साथ छापा मारा। पुलिस ने इंमिग्रेशन सेंटरों से कंप्यूटर, लैपटॉप, टैब, चेकबुक व अन्य दस्तावजे भी कब्जे में लिए। प्रारंभिक जांच में सभी 10 इमिग्रेशन सेंटर अवैध पाए गए हैं और उनके खिलाफ मामले दर्ज कर लिए गए हैं। आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए अलग-अलग टीमें गठित की गई हैं। फर्जी पासपोर्ट बनाने की थी सूचना डॉ. आहलूवालिया ने आगे बताया कि पुलिस को गुप्त सूचना मिली थी कि कुछ इमिग्रेशन सेंटर संचालक गैंगस्टरों और आपराधिक तत्वों के साथ मिलकर फर्जी पासपोर्ट बनवा रहे थे। वे युवाओं को अवैध तरीके से विदेश भेजने में भी मदद कर रहे थे। इसी गंभीर जानकारी के आधार पर यह व्यापक कार्रवाई की गई। 30 पासपोर्ट, 34 कंप्यूटर-लैपटॉप समेत अन्य सामान पकड़ा छापेमारी के दौरान पुलिस ने मौके से भारी मात्रा में संदिग्ध सामग्री बरामद की। इसमें 30 पासपोर्ट, 34 कंप्यूटर, लैपटॉप और टैब, 15 एटीएम कार्ड और 175 चेक बुक शामिल हैं। कई चेक बुक पहले से हस्ताक्षरित पाई गईं। इसके अतिरिक्त, कई महत्वपूर्ण दस्तावेज और डिजिटल डेटा भी जब्त किया गया है, जिसकी गहन जांच की जा रही है। यह बरामदगी अवैध लेनदेन और बड़े पैमाने पर धोखाधड़ी की ओर संकेत करती है। छापेमारी के दौरान पीड़ित आए सामने इस कार्रवाई के दौरान कई पीड़ित भी सामने आए, जो इन फर्जी इमिग्रेशन सेंटरों के झांसे में आकर अपनी जीवन भर की कमाई गंवा चुके हैं। पुलिस द्वारा उनके बयान दर्ज किए जा रहे हैं और उन्हें पूरा कानूनी सहयोग देने का भरोसा दिलाया गया है। प्रारंभिक जांच में यह भी सामने आया है कि कुछ इमिग्रेशन संचालकों के खिलाफ पहले से ही खन्ना, नवांशहर और नई दिल्ली में मामले दर्ज हैं। एसएसपी डा. दर्पण आहलूवालिया ने साफ शब्दों में कहा कि विदेश भेजने के नाम पर युवाओं के भविष्य से खिलवाड़ करने वालों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा। उन्होंने कहा कि खन्ना को अपराध मुक्त बनाने और अवैध गतिविधियों पर पूरी तरह अंकुश लगाने के लिए पुलिस पूरी प्रतिबद्धता से कार्य कर रही है। आने वाले समय में भी ऐसे सख्त अभियान जारी रहेंगे।
जांजगीर-चांपा जिले के नवागढ़ थाना क्षेत्र में एक सड़क हादसे में एक युवक की मौत हो गई, जबकि तीन अन्य घायल हो गए। यह घटना ग्राम भटली के पास हसदेव नदी पर बने मिनी डेम के ऊपर दो बाइकों की टक्कर के कारण हुई। घायलों को उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। जानकारी के अनुसार, ग्राम भटली से होकर गुजरने वाली हसदेव नदी पर दोनों छोरों को जोड़ने के लिए एक मिनी डेम का निर्माण किया गया है। इसी डेम के ऊपर दो तेज रफ्तार बाइकें आपस में टकरा गई। टक्कर इतनी भीषण थी कि एक बाइक सवार युवक सुमित दास (22) निवासी चांपा अपनी बाइक सहित अनियंत्रित होकर हसदेव नदी में जा गिरा, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। नदी में गिरे युवक का शव निकाला गया दूसरी बाइक पर सवार विकास यादव, अमन खन्ना और मृतक सुमित का छोटा भाई प्रहलाद दास इस हादसे में घायल हो गए। स्थानीय लोगों ने तत्काल घायलों को उपचार के लिए अस्पताल पहुंचाया। वहीं, मृतक सुमित दास के शव को हसदेव नदी से बाहर निकाला गया। घटना की सूचना मिलते ही नवागढ़ थाना प्रभारी कमलेश संडे अपनी टीम के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने मर्ग कायम कर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। घायलों का उपचार जारी है और पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
दूसरे दिन भी छात्र-छात्राएं सड़कों पर उतरे:आम्बुआ एकलव्य विद्यालय के प्राचार्य को हटाने की मांग
आलीराजपुर जिले के आम्बुआ स्थित एकलव्य आदर्श आवासीय विद्यालय में विवाद दूसरे दिन भी जारी रहा। गुरुवार को विद्यालय के छात्र अपनी समस्याओं को लेकर कलेक्टर कार्यालय की ओर पैदल मार्च पर निकल पड़े। इससे पहले बुधवार को भी छात्रावास की छात्राएं अपनी मांगों को लेकर कलेक्टर से मिलने निकली थीं। सैकड़ों छात्रों ने प्राचार्य और चार शिक्षकों को हटाने की मांग को लेकर पैदल मार्च निकाला। वे आम्बुआ से करीब 20 किलोमीटर दूर जिला मुख्यालय की ओर कलेक्टर से मिलने जा रहे थे। छात्रों के मार्च की सूचना मिलते ही एसडीएम वीरेंद्र सिंह और प्रशासन की टीम ने उन्हें रास्ते में रोका। करीब चार घंटे की समझाइश के बाद छात्र वापस विद्यालय लौटने को तैयार हुए। जांच के लिए दल गठित एसडीएम वीरेंद्र सिंह ने बताया कि कलेक्टर ने मामले की जांच के लिए एक दल गठित किया है। सभी छात्रों से उनकी शिकायतें लिखित में ले ली गई हैं। प्रशासन हॉस्टल पहुंचकर मामले की जांच कर रहा है। छात्रों का आरोप है कि उन्हें विद्यालय प्रबंधन से डर है। इसी कारण वे प्राचार्य को हटाने और अपनी सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग कर रहे हैं। कलेक्टर से मिलने के लिए बच्चे…
हरियाणा के कुरुक्षेत्र की हेल्थ डिपार्टमेंट की टीम ने अंबाला में भ्रूण लिंग जांच गिरोह का भंडाफोड़ किया है। टीम ने अंबाला के 2 प्राइवेट अस्पताल के कर्मचारियों को गिरफ्तार किया। टीम ने दोनों आरोपी रोहित और मोहित निवासी अंबाला को पकड़कर पुलिस के हवाले कर दिया। अंबाला पुलिस आगे की कार्रवाई कर रही है। PNDT के इंचार्ज डॉ. रमेश सभ्रवाल ने बताया कि उनकी टीम को सूचना मिली थी कि अंबाला में कुछ लोग गैरकानूनी तरीके से भ्रूण लिंग जांच करवा रहे हैं। तब टीम ने आरोपी मोहित से संपर्क किया। मोहित गार्डियन अस्पताल में कर्मचारी के तौर पर काम करता था। टीम ने बोगस ग्राहक के जरिए उससे संपर्क किया तो आरोपी ने भ्रूण लिंग जांच करवाने का भरोसा दिलाया। 75 हजार रुपए मांगे इसके बदले उसने 75 हजार रुपए मांगे, जिसमें 20 हजार रुपए एडवांस देने थे। बात तय होने पर मोहित ने नैना नाम की महिला के बैंक अकाउंट में पैसे ट्रांसफर करने को कह दिया। नैना खुद खुराना अस्पताल अंबाला में काम करती है। टीम ने 6 फरवरी को 20 हजार रुपये नैना के अकाउंट में ट्रांसफर कर दिए। तब मोहित ने जांच के लिए 11 फरवरी का समय दिया। 11 फरवरी को नहीं हुई जांच 11 फरवरी को PNDT टीम के सदस्य तय जगह पर पहुंचे। जहां आरोपी ने कहा कि गर्भवती महिला के पति को साथ लाना जरूरी है। तब टीम ने आरोपी को बगैर बोगस ग्राहक के पति के जांच करवाने के लिए तैयार किया। लेकिन आरोपी ने अगले दिन यानी 12 फरवरी का समय दे दिया। अगले दिन किया स्टिंग ऑपरेशन अगले दिन बोगस ग्राहक तय समय और जगह पर पहुंची तो नैना ने अपने ड्राइवर रोहित को क्रेटा कार में जांच के लिए भेज दिया। रोहित ने बोगस ग्राहक बनी महिला को अपनी कार में लेकर मदान अस्पताल आ गया। यहां पहले एक सामान्य अल्ट्रासाउंड किया गया। इसके बाद आरोपी ने 2 दिन के बाद लिंग की जांच की रिपोर्ट या जानकारी देने की बात कही। 39 हजार कैश हुआ बरामद तभी PNDT टीम ने अस्पताल में दबिश देकर रोहित को मौके पर ही पकड़ लिया गया। रोहित की निशानदेही पर टीम ने मोहित को भी काबू कर लिया। मोहित के पास से टीम को 39 हजार कैश बरामद हुए। पूछताछ में मोहित ने बताया कि बाकी 16 हजार रुपए उसने अपने बैंक अकाउंट में जमा कर दिए। पुलिस कर रही आगामी कार्रवाई PNDT टीम कुरुक्षेत्र ने मामले की जानकारी अंबाला PNDT टीम को दी। दोनों टीमें मिलकर आरोपी मोहित और रोहित को पुलिस के हवाले कर दिया। फिलहाल पुलिस FIR दर्ज कर रही है। पता लगाया जा रहा है कि इस रैकेट में और कितने लोग शामिल हैं। साथ ही उनके रिकॉर्ड भी खंगाले जा रहे हैं।
भिवानी जिले के गांव गोठड़ा में वीरवार देर शाम एक सड़क हादसे में बाइक सवार युवक की मौत हो गई। यह दुर्घटना एक स्कॉर्पियो गाड़ी और बाइक की आमने-सामने की टक्कर के कारण हुई। टक्कर इतनी भीषण थी कि बाइक सवार गंभीर रूप से घायल हो गया। स्थानीय लोगों ने तुरंत मौके पर पहुंचकर घायल युवक को लोहारू के उपनागरिक अस्पताल पहुंचाया। जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। शादी समारेाह से लौट रहा था घटना की सूचना डायल 112 पर दी गई, जिसके बाद पुलिस मौके पर पहुंची और आवश्यक कार्रवाई शुरू की। मृतक की पहचान गांव गोठड़ा निवासी 24 वर्षीय नरेंद्र के रूप में हुई है। वह हाल ही में अपने परिवार के साथ गांव गिगनाऊ में रह रहा था। जानकारी के अनुसार, नरेंद्र गांव गोठड़ा में एक शादी समारोह से लौट रहा था। इसी दौरान गिगनाऊ गांव की ओर से आ रही स्कॉर्पियो गाड़ी ने उसकी बाइक को टक्कर मार दी। हादसे के कारणों की स्पष्ट जानकारी अभी सामने नहीं आई है। नरेंद्र आरपीएस कॉलेज में बीटेक अंतिम वर्ष का छात्र था। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
महेंद्रगढ़ जिले में सीआईए पुलिस ने एक व्यक्ति को अवैध देसी कट्टे के साथ गिरफ्तार किया है। बता दे कि आरोपी को नांगल सिरोही बाईपास स्थित शिव मंदिर के पास से पकड़ा गया। जहां सीआईए महेंद्रगढ़ की टीम गश्त के दौरान नांगल सिरोही बस स्टैंड पर मौजूद थी। इस दौरान उन्हें मुखबिर से सूचना मिली कि शोभापुर नारनौल निवासी रोहित अवैध हथियार लेकर शिव मंदिर के पास खड़ा है और किसी का इंतजार कर रहा है।सूचना को पुख्ता मानते हुए पुलिस टीम तुरंत मौके पर पहुंची। वहीं पुलिस की गाड़ी देखकर आरोपी ने भागने का प्रयास किया, लेकिन पुलिसकर्मियों ने उसे काबू कर लिया। हथियार के साथ आरोपी गिरफ्तार मौके पर तलाशी लेने पर उसके पास से एक अवैध देसी कट्टा बरामद हुआ।आरोपी रोहित हथियार का कोई लाइसेंस या परमिट नहीं दिखा सका। पुलिस ने उसके खिलाफ आर्म्स एक्ट के तहत थाना सदर महेंद्रगढ़ में मामला दर्ज कर लिया है। बरामद हथियार को जब्त कर लिया गया है। कोर्ट ने न्यायिक हिरासत में भेजा पुलिस ने आरोपी से अवैध हथियार के संबंध में पूछताछ की। इसके बाद उसे कोर्ट में पेश किया गया, जहां से उसे न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया।
वेलेंटाइन वीक के चलते शहर के बाजारों में रौनक बढ़ गई है। खासकर युवाओं में इस दिन को लेकर जबरदस्त उत्साह देखा जा रहा है। शहर के प्रमुख बाजार और गिफ्ट गैलरियां सज-धज कर तैयार हैं। हर दुकान पर लाल, गुलाबी और सफेद रंग की थीम में सजावट की गई है, जो लोगों को अपनी ओर आकर्षित कर रही है। गुलाब की कीमतों में उछालफूल विक्रेताओं के मुताबिक वेलेंटाइन वीक शुरू होते ही गुलाब की कीमतों में दोगुना तक इजाफा हुआ है। सामान्य दिनों में 40 से 50 रुपये में बिकने वाला गुलाब अब 100 से 120 रुपये तक बिक रहा है। खासकर रेड रोज की मांग सबसे ज्यादा है। फूल विक्रेता ने बताया, “रोज डे से ही बिक्री तेज हो गई थी। अब प्रपोज डे और वैलेंटाइन डे नजदीक आते ही ऑर्डर और बढ़ गए हैं। बुके और स्पेशल पैकिंग वाले गुलाब की भी काफी डिमांड है।” चॉकलेट मार्केट में भी बढ़ोतरी चॉकलेट दुकानदारों का कहना है कि इस बार वेलेंटाइन स्पेशल चॉकलेट कलेक्शन खास आकर्षण का केंद्र बना हुआ है। हार्ट शेप बॉक्स, पर्सनलाइज्ड मैसेज वाली चॉकलेट्स और प्रीमियम गिफ्ट पैक युवाओं को खूब पसंद आ रहे हैं। दुकानदारों के अनुसार पिछले सप्ताह की तुलना में बिक्री में बढ़ोतरी दर्ज की गई है। टेडी और गिफ्ट आइटम्स की बढ़ी मांग गिफ्ट शॉप संचालकों ने बताया कि टेडी बियर इस बार भी युवाओं की पहली पसंद बना हुआ है। छोटे से लेकर बड़े साइज तक के टेडी, टेडी-रोज कॉम्बिनेशन, लव थीम शोपीस, म्यूजिकल गिफ्ट आइटम्स और डिजाइनर ग्रीटिंग कार्ड्स की खूब बिक्री हो रही है। एक विक्रेता ने बताया, “हर साल वैलेंटाइन पर टेडी की डिमांड रहती है, लेकिन इस बार कॉम्बो गिफ्ट पैक ज्यादा पसंद किए जा रहे हैं।” कई दुकानदारों ने बताया कि युवाओं की सुविधा के लिए ऑनलाइन ऑर्डर और होम डिलीवरी की व्यवस्था भी की गई है। सोशल मीडिया के जरिए भी ऑर्डर मिल रहे हैं। विक्रेताओं का मानना है कि जैसे-जैसे 14 फरवरी नजदीक आएगी, वैसे-वैसे बाजार में भीड़ और बढ़ेगी। उन्हें उम्मीद है कि इस बार वैलेंटाइन डे पर पिछले साल की तुलना में बेहतर कारोबार होगा।
कानपुर मे कांग्रेस की चौपाल:नगर अध्यक्ष ने कहा - मनरेगा से गांधी जी का नाम हटाना विचारधारा का विरोध
मनरेगा से महात्मा गांधी का नाम हटाने और मजदूरों के अधिकारों के खिलवाड़ के विरोध में कानपुर महानगर कांग्रेस कमेटी ने जूही डिपो के पास चौपाल का आयोजन किया। कार्यक्रम में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने रामधुन गाते हुए भाजपा की सद्बुद्धि के लिए प्रार्थना की। महानगर कांग्रेस अध्यक्ष पवन गुप्ता की अगुआई में आयोजित इस चौपाल में कार्यकर्ताओं ने भाजपा पर गांधी जी की विचारधारा से विरोध रखने का आरोप लगाया। वक्ताओं ने कहा कि मनरेगा जैसी योजना से बापू का नाम हटाना दुर्भाग्यपूर्ण है। चौपाल को संबोधित करते हुए महानगर अध्यक्ष पवन गुप्ता ने कहा कि मनरेगा से बापू का नाम हटाना भाजपा की मानसिकता को दर्शाता है। उन्होंने कहा कि गांधी जी ने ग्रामीण क्षेत्र, किसान और मजदूरों के विकास के लिए अपना पूरा जीवन समर्पित किया। मनरेगा केवल एक योजना नहीं, बल्कि गरीबों, मजदूरों और ग्रामीण भारत के सम्मान और अधिकारों की गारंटी है। उन्होंने कहा कि बापू का नाम हटाना उनकी विचारधारा पर हमला है, जिसे देश कभी स्वीकार नहीं करेगा। इसी के विरोध में कांग्रेसजनों ने भाजपा की सद्बुद्धि के लिए प्रार्थना की।कार्यक्रम में पवन गुप्ता के साथ मुकेश दुबे, मनोज अवस्थी, हरीश बाजपेयी, पूजा भारद्वाज, राज किशोर वर्मा, संजीव मिश्रा सहित अन्य कांग्रेस कार्यकर्ता मौजूद रहे।
सपा प्रमुख अखिलेश ने कहा कि यूपी में हथेली गर्म और पुलिस नरम है। हमारे मुख्यमंत्री इतना पढ़े-लिखे हैं कि न जाने क्या-क्या कहते हैं। यूपी में पुलिस की हालत खराब हो चुकी है। भाजपा की केंद्र सरकार ने अमेरिका के साथ जो डील की है, उससे लगता है कि हमने पूरा बाजार ही अमेरिका को दे दिया है। अखिलेश यादव गुरुवार शाम एक शादी में शामिल होने आगरा पहुंचे थे। इस दौरान उन्होंने बजट पर सवाल खड़े करते हुए शहर की उपेक्षा पर सवाल किए। सपा प्रमुख ने कहा कि यहां ताजमहल के रख-रखाव के लिए इंतजाम नहीं हैं। पूरे शहर में गंदगी और जाम की समस्या बनी हुई है। अखिलेश यादव की कही 5 बड़ी बातें पढ़िए 1- जूता उद्योग को नहीं मिली राहतहाल ही में दिल्ली और लखनऊ के बजट आए हैं। दोनों में आम आदमी की उपेक्षा की गई है। आंकड़ें देखें तो पता चलेगा कि आगरा के जूता उद्योग ने अपने लिए राहत मांगते-मांगते जूते तक घिस दिए, लेकिन कुछ नहीं मिला। यमुना सफाई का जो सपना दिखाया था, उसके लिए भी बजट में कोई व्यवस्था नहीं की। यमुना जैसी थी, वैसे ही है। यमुना साफ तक नहीं हो पाई। 2- आगरा टूरिज्म से इकॉनोमी ट्रिलियन में पहुंच सकती हैआगरा वो शहर है, जो टूरिज्म के माध्यम से इकॉनोमी को ट्रिलियन में पहुंचा दे। फिर भी इसकी उपेक्षा की जा रही है। आगरा का नाम स्मार्ट सिटी में भी नाम आता है। लेकिन अभी जहां से मैं गुजरा, वहां सड़कें उखड़ी हैं। नाले खुले पड़े हैं। चारों तरफ गंदगी है। पूरा शहर जाम है, लोग परेशान हैं। सर्दी के समय दिल्ली और आगरा का एक्यूआई एक जैसा रहता था। इसके बावजूद भाजपा सरकार पॉल्यूशन, रोजगार, महंगाई किसी भी क्षेत्र में राहत नहीं दे पाई। भाजपा सरकार ने भू-माफियाओं को जन्म दिया है। विकास प्राधिकरणों में कुछ ही लोगों की मदद की जा रही। कुछ लोग बड़े कारोबारी बन जाएं, भाजपा यही चाहती है। सफाई के टेंडर भी ऐसे ही दिए जा रहे हैं। 3- अमेरिका के साथ डील करके पूरा मार्केट उनको दियाइनके अमेरिका के साथ राज खुलने के बाद हमारे देश में अमीर, अमीर होता जाएगा और गरीब और गरीब होता जाएगा। जनता सब देख रही है। अमेरिका के साथ जो डील की है, उससे लगता है कि हमने पूरा बाजार ही अमेरिका को दे दिया है। आज ही सुनने में आया है कि दाल नहीं आएगी। लेकिन सरकार ये तो साफ करे कि अमेरिका से कौन-कौन से एग्रीकल्चर प्रोडक्ट आएंगे, कौन से नहीं आएंगे। कोई क्लियरिटी नहीं है। क्या आगरा के आलू किसानों को क्या राहत मिली? बिजली महंगी, स्वास्थ्य सेवाएं बदहाल हैं। 4- भाजपा अंग्रेजों का फार्मूला फॉलो कर रहीपीडीए के गठबंधन को देखते हुए भाजपा की समझ में नहीं आ रहा है कि क्या रास्ता निकालें। भाजपा हमेशा डिवाइड एंड रूल पर चलती है। जिन अंग्रेजों को डिवाइड एंड रूल के फॉर्मूले का मुखिया माना जाता था, भाजपा उसी को फॉलो कर रही है। मगर, यूपी की जनता समाजवादी की धारा पर चलकर भाजपा को हराने जा रही है। आगरा में मेट्रो, उतनी ही चल रही है, जितनी समाजवादियों ने दी थी। ताजमहल के पास भी उतना ही विकास हुआ है, जितना समाजवादियों ने किया था। ये अपनी तरफ से कोई नया विकास कार्य नहीं करा पाए। सिर्फ मुगल म्यूजियम का नाम बदलकर छत्रपति शिवाजी महाराज कर दिया। वहां का एयरकंडीशन और बाकी काम बर्बाद हो गए। 5- UP में 10 सालों में शिक्षा व्यवस्था बदहाल प्राइमरी एजूकेशन का बजट 80 हजार करोड़ और सेकेंडरी का बजट 22 हजार करोड़ रुपए है। दोनों विभागों का मिलाकर बजट एक लाख करोड़ है। लेकिन 10 साल में एजुकेशन बर्बाद कर दी। शिक्षा विभाग को अच्छा चलाया गया होता, तो स्किल डेवलमेंट प्रोग्राम नहीं चलाने पड़ते। स्कूल बंद कर दिए। शिक्षा की गुणवत्ता खराब कर दी है। स्किल से नौकरी मिल जाए, ऐसे काम नहीं किए। आगरावासियों को भाजपा सरकार शुद्ध पानी तक नहीं दे पा रही। ----------------- ये खबर भी पढ़ें… यशवीर महाराज बोले- एक बेटी के बदले उनकी 25-30 लाओ:हिंदू भी करे लव जिहाद, देश मुल्ला-मौलवी का नहीं; बागपत में हिंदू सम्मेलन बागपत में यशवीर महाराज ने गुरुवार को कहा- अगर कोई लव जिहाद कर हिंदुओं की एक बेटी को ले जाए तो उसका पीछा मत छोड़ो। जब तक बेटी वापस न आए जाए तब तक संघर्ष करते रहो। एक बेटी के बदले उनकी 25-30 बेटियां ले आओ। जब ऐसा होगा तो किसी लव जिहादी की हिम्मत नहीं होगी कि वो हिंदू समाज की बहन-बेटियों की तरफ आंख उठाकर देखे। क्योंकि भय बिन प्रीत नहीं होती है। पढ़ें पूरी खबर…
आजमगढ़ डीएम रविन्द्र कुमार की अध्यक्षता में आज हरिऔध कला केंद्र आजमगढ़ मे आगामी त्योहारों के दृष्टिगत जनपद स्तरीय शांति समिति की बैठक की गई। डीएम ने आगामी त्यौहारों-महाशिवरात्रि, रमजान, होलिका दहन, होली, नवरात्रि, रामनवमी आदि को की शुकामनायें देते हुए कहा कि होलिका दहन के आयोजन में किसी भी प्रकार का विवाद न करें। उन्होने कहा कि होली के दिन किसी को भी जबरदस्ती रंग न लगायें। इसके साथ ही शराब पीकर अभद्रता ना करें। उन्होंने कहा की पुरानी रंजिश को लेकर यदि किसी भी प्रकार का विवाद उत्पन्न किया गया तो सख्त कार्रवाई की जाएगी। डीएम ने कहा कि मुख्यमंत्री का स्पष्ट निर्देश है कि त्योहारों को पूरे शांतिपूर्ण माहौल में संपन्न कराया जाए। उन्होंने कहा कि होलिका दहन स्थल से संबंधित विवादों को आपस में बैठकर सुलझाएं। शिवरात्रि के दिन तमसा नदी के जिन घाटों से जल उठाया जाता है। वहां आवश्यकता अनुसार साइन बोर्ड और बैरिकेटिंग लगाया जाए। उन्होने कहा कि महाशिवरात्रि के दृष्टिगत सभी मंदिरों की साफ-सफाई सुनिश्चित करायी जाय। 250 मंदिरों में किया जाएगा अभिषेकडीएम रविंद्र कुमार ने बताया कि जनपद में लगभग 250 मंदिरों पर शिवरात्रि के दिन जल चढ़ाया जाता है। उन्होंने सभी संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिया कि अपने-अपने विभागों से संबंधित तैयारी समय से सुनिश्चित कर लें। उन्होंने कहा कि मंदिरों में सीसीटीवी कैमरा लगा होन चाहिए। प्रवेश तथा निकास द्वार अलग-अलग बनाएं। मेला में महिलाओं के साथ किसी भी प्रकार की अभद्रता न हो। इसका विशेष ध्यान रखा जाए। उन्होंने कहा कि मेले में लाइव किचन को थोड़ा दूर रखा जाए, जिससे किसी भी प्रकार की घटना ना हो। मेले में पार्किंग बना कर न हो अवैध वसूलीडीएम रविंद्र कुमार ने कहा कि मेला में पार्किंग बनाकर अवैध वसूली नहीं होनी चाहिए। पार्किंग फीस निर्धारित हो। उन्होंने कहा कि शोभायात्रा के दौरान डीजे की आवाज उच्चतम न्यायालय द्वारा निर्धारित डेसीबल के अनुसार ही बजना चाहिए। रमजान में नमाज के समय प्रत्येक स्थलों पर साफ-सफाई सुनिश्चित कराई जाए। उन्होंने कहा कि होलिका दहन के दिन वाटर सप्लाई लगातार सुनिश्चित किया जाए। होलिका के दिन फायर विभाग का कोई भी कर्मचारी छुट्टी पर नहीं जाएगा। फायर विभाग के कर्मचारियों को मोबाइल नंबर सभी के पास होना चाहिए। अराजक तत्वों पर पाबंद की कार्रवाई करें थाने के प्रभारी आजमगढ़ जिले के एसएसपी डॉक्टर अनिल कुमार ने होली के त्योहार पर अराजक तत्वों को चिन्हित कर उनके विरुद्ध पाबंद किए जाने की कार्रवाई करने का निर्देश थानों के प्रभारी को दिया है। डीजे को त्योहारों में न्यायालय द्वारा निर्धारित गाइडलाइन के अनुसार ही बजाया जाए। उन्होंने कहा कि होली पर शराब पीकर किसी भी प्रकार की अभद्रता न करें। उन्होने कहा कि त्योहार पर पुलिस के साथ आयोजकों की ड्यूटी लगाई जाए। जिससे किसी भी प्रकार की समस्या ना हो। इस अवसर पर एसपी ग्रामीण चिराग जैन एसपी सिटी मधुबन कुमार सिंह एडीएम प्रशासन राहुल विश्वकर्मा सीडीओ परीक्षित खटाना सहित जिला प्रशासन और पुलिस प्रशासन के बड़ी संख्या में अधिकारी उपस्थित रहे।
नीमच में छात्राओं को मुफ्त पिंक लाइसेंस:100 महिलाओं को हेलमेट भी मिले, सुरक्षा कवच पहल शुरू
नीमच जिला प्रशासन ने महिलाओं की सुरक्षा और आत्मनिर्भरता को बढ़ावा देने के लिए 'संकल्प से समाधान' अभियान के तहत एक नई पहल शुरू की है। इस पहल के अंतर्गत महिलाओं को मुफ्त पिंक ड्राइविंग लाइसेंस के साथ हेलमेट भी निशुल्क दिए जा रहे हैं। गुरुवार को जिला पंचायत कार्यालय में आयोजित एक विशेष शिविर में विधायक दिलीप सिंह परिहार और कलेक्टर हिमांशु चंद्रा ने 100 छात्राओं और महिलाओं को ड्राइविंग लाइसेंस और हेलमेट वितरित किए। प्रशासन की इस पहल से छात्राओं में काफी उत्साह देखा गया। शिविर में मौजूद लाभार्थी वैदिका ने बताया कि लाइसेंस मिलने से ड्राइविंग आसान होगी और प्रशासन द्वारा प्रदान किए गए हेलमेट से उनकी सुरक्षा सुनिश्चित होगी। इस अभियान के तहत अब तक कुल 260 महिलाओं ने मुफ्त लाइसेंस के लिए पंजीकरण कराया है। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए विधायक परिहार ने छात्राओं से सड़क सुरक्षा नियमों का पालन करने और वाहन चलाते समय हमेशा हेलमेट पहनने का आग्रह किया। कलेक्टर चंद्रा ने भी छात्राओं को वाहन का उपयोग सकारात्मक कार्यों के लिए करने और अपनी सुरक्षा को प्राथमिकता देने की सलाह दी। जावद और मनासा में लगेंगे शिविर जिला कार्यक्रम अधिकारी अंकिता पंड्या ने जानकारी दी कि पहले चरण में नीमच में 100 छात्राओं को लाइसेंस और हेलमेट दिए गए हैं। अभियान के अगले चरण में जावद और मनासा में भी शिविर आयोजित कर लाइसेंस और हेलमेट वितरित किए जाएंगे।
सिरसा जिले के डबवाली में स्थित माता दुर्गा मंदिर में अज्ञात चोरों ने नकदी और ज्वलेरी समेत बीस लाख की चोरी कर ली और फरार हो गए। यह घटना गोल बाजार पुलिस चौकी के अंतर्गत वार्ड नंबर 3 की आर्य समाज स्कूल वाली गली में हुई। पुलिस मामले की जांच कर रही है। मंदिर के प्रधान अशोक कुमार ने बताया कि, बुधवार रात करीब 9:30 बजे उन्होंने और पुजारी विष्णु ने मंदिर के कपाट बंद कर ताला लगा दिया था। गुरुवार सुबह करीब 6:30 बजे जब पुजारी विष्णु मंदिर पहुंचे, तो उन्होंने कमरे में रखी गोदरेज की अलमारी और दरवाजा खुला पाया। दरवाजे की पत्ती टूटी हुई थी। अलमारी से चोरी किए कीमती जेवरात चोरों ने अलमारी से करीब 120 ग्राम सोने के जेवरात, जिसमें 10 नग, 2 नथ, 4 छत्र, 2 चूड़ियां, एक कड़ा और एक हार शामिल हैं, चुरा लिए। इसके अलावा, करीब 250 ग्राम चांदी के चार छत्र, 35 हजार रुपए और सिक्के भी गायब थे। हनुमान जी की मूर्ति पर सजा करीब 500 ग्राम वजन का चांदी का मुकुट भी चोरी हो गया। गोल बाजार चौकी प्रभारी एएसआई कृष्ण कुमार ने बताया कि चोरी की सूचना मिलते ही पुलिस टीम ने मौके का मुआयना किया। पुलिस आसपास के इलाकों की सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही है और इस क्षेत्र के डंप डेटा भी उठाए गए हैं। उन्होंने आश्वासन दिया कि जल्द ही आरोपियों का सुराग लगाकर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
रायपुर में प्रतिबंधित नशीली कफ सिरप की तस्करी करने वाले तीन आरोपियों को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। एंटी क्राइम और साइबर यूनिट की टीम ने स्थानीय पुलिस के साथ मिलकर डीडी नगर थाना क्षेत्र के सुंदर नगर स्थित दशहरा मैदान के पास घेराबंदी की और आरोपियों को पकड़ लिया। पुलिस के मुताबिक, 11 फरवरी को सूचना मिली थी कि कुछ लोग प्रतिबंधित सिरप बेचने के लिए ग्राहक तलाश रहे हैं। सूचना पर टीम मौके पर पहुंची और बताए गए हुलिए के आधार पर तीन संदिग्धों को घेरकर पकड़ लिया। पूछताछ में आरोपियों ने अपने नाम भानू रजक (28), अनुराग लिल्हारे (28) और सौरभ पाठक (30) बताए। ग्लैंकोफ-टी शिरप की शीशियां बरामद तलाशी लेने पर आरोपियों के बैग से प्रतिबंधित नशीली कफ सिरप ‘ग्लैंकोफ-टी’ की कुल 94 शीशियां बरामद हुईं, जिनकी कीमत करीब 10 हजार रुपए बताई गई है। पुलिस ने जब दस्तावेज मांगे तो आरोपी कोई कागज पेश नहीं कर सके और टीम को गुमराह करने की कोशिश करते रहे। आरोपियों से पूछताछ में जुटे अफसर तीनों आरोपियों के खिलाफ थाना डीडी नगर में नारकोटिक्स एक्ट की धारा 21(सी) के तहत अपराध दर्ज कर कार्रवाई की गई है। पुलिस अब आरोपियों से पूछताछ कर सिरप सप्लाई करने वाले नेटवर्क और अन्य जुड़े लोगों की तलाश कर रही है। अधिकारियों का कहना है कि मामले में आगे भी गिरफ्तारी की संभावना है।
बलाचौर के निकट हुए एक सड़क हादसे में लुधियाना के माछीवाड़ा साहिब क्षेत्र के दो युवकों की मौके पर ही मृत्यु हो गई। इस घटना में उनका एक साथी गंभीर रूप से घायल हो गया। मृतकों की पहचान जातीवाल निवासी हरमेश कुमार (33) और मिल्कोवाल निवासी बलजिंदर सिंह उर्फ बंटी (34) के रूप में हुई है। हरमेश कुमार अपने पीछे पत्नी और दो बच्चों को छोड़ गए हैं, जबकि बलजिंदर सिंह के तीन छोटे बच्चे हैं। ये दोनों युवक गरीब परिवारों से थे और शटरिंग का काम करके अपने परिवारों का भरण-पोषण करते थे। इस हादसे से पांच बच्चों के सिर से पिता का साया उठ गया है। जानकारी के अनुसार, तीनों युवक गांव रूड़ेवाल से शटरिंग का सामान लेकर काठगढ़ गए थे। काम निपटाने के बाद वे ट्रैक्टर-ट्रॉली पर वापस लौट रहे थे। इसी दौरान, पीछे से आ रही एक तेज रफ्तार स्कॉर्पियो गाड़ी ने उनके ट्रैक्टर-ट्रॉली को जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि ट्रैक्टर-ट्रॉली बेकाबू हो गई। हरमेश और बलजिंदर उस समय ट्रैक्टर के मडगार्ड पर बैठे थे और टक्कर से सड़क पर जा गिरे। हरमेश कुमार की मौके पर ही मृत्यु हो गई, जबकि बलजिंदर सिंह ने कुछ देर बाद दम तोड़ दिया। हादसे के बाद स्कॉर्पियो चालक अपनी गाड़ी छोड़कर मौके से फरार हो गया। दोनों गांवों में पसरा मातम गांव जातीवाल और मिल्कोवाल में इस खबर के फैलते ही शोक की लहर दौड़ गई। हर आंख नम है और हर दिल गम से भरा हुआ है। ग्रामीणों का कहना है कि हरमेश और बलजिंदर बेहद मेहनती, मिलनसार और जिम्मेदार इंसान थे। उन्होंने कभी किसी से शिकायत नहीं की और ईमानदारी से मेहनत कर अपने परिवार का पालन-पोषण किया। हरमेश ने घर आकर शादी में जाना थागांव जातीवाल में हरमेश कुमार के पड़ोस में ही विवाह समारोह था। उनकी पत्नी और बच्चे शादी में जाने के लिए तैयार होकर घर में उनका इंतजार कर रहे थे। उन्हें क्या पता था कि यह इंतजार कभी खत्म नहीं होगा। अचानक फोन पर आई मौत की खबर ने पूरे परिवार को तोड़ कर रख दिया। शादी की खुशियां पल भर में मातम में बदल गईं और पूरे गांव में सन्नाटा पसर गया। बलाचौर के डीएसपी हेमंत मल्होत्रा ने बताया कि पुलिस ने स्कार्पियो गाड़ी कब्जे में ले ली है। ड्राइवर की तलाश की जा रही है. उसके खिलाफ केस दर्ज कर लिया है। पोस्टमार्टम के बाद दोनों शव वारिसों को सौंप दिए गए हैं।
पत्नी ने देवर के साथ मिलकर पति को मार डाला:आगरा में पंखे से लटकाई लाश, दो दिन तक रोने का ड्रामा किया
आगरा में पत्नी ने देवर के साथ मिलकर पति की हत्या कर दी। दोनों ने मिलकर तकिए से उसका मुंह दबा दिया। इसके बाद आत्महत्या दिखाने के लिए शव को पंखे से लटका दिया। फिर सुबह 4 बजे घरवालों को फोन कर पति के सुसाइड करने की बात बताई। घरवाले जब पहुंचे, तो पत्नी शव से लिपटकर रोने का नाटक करती रही। इसके बाद पति का अंतिम संस्कार भी कर दिया गया। लेकिन, 2 दिन बाद शक होने पर घरवालों ने जब पत्नी से पूछताछ की, तो उसने पति की हत्या करना कबूल कर लिया। पुलिस ने पत्नी और उसके प्रेमी के खिलाफ FIR दर्ज कर दोनों को गिरफ्तार कर लिया है। वारदात एकता क्षेत्र की 10 फरवरी की है। अब पढ़िए पूरा मामला लोधई गांव में सुरेश चंद्र का बेटा लवकेश (25) पत्नी गौरी (23) के साथ रहता था। सुरेश चंद्र और लवकेश आगरा में बिजली का काम करते थे। लवकेश रात को गांव लौट आता था, जबकि पिता सुरेश चंद्र आगरा की रुकते थे। 10 फरवरी की सुबह 4 बजे गौरी ने ससुर सुरेश को फोन किया कि लवकेश ने फंदे से लटककर जान दे दी है। सूचना मिलने पर सुरेश तुरंत गांव पहुंचे। देखा, बेटे का शव कमरे में लगे पंखे के फंदे से लटका है। उस समय सभी लोगों ने सुसाइड मानते हुए शव का अंतिम संस्कार कर दिया। पिता बोले- मैं ड्यूटी पर था, तभी बेटे की मौत की खबर मिलीपिता सुरेश ने बताया- मैं आगरा में ड्यूटी पर था। सूचना मिलते ही मैं घर पहुंचा तो देखा कि बेटे का शव पंखे से साड़ी के फंदे से लटका था। उस समय हमें घटना आत्महत्या जैसी लगी। फिर 10 फरवरी को ही हमने गांव के श्मशान घाट पर बेटे का अंतिम संस्कार कर दिया। 11 फरवरी को शांति हवन कराया गया। मुझे शक हुआ तो बहू से पूछताछ कीसुरेश ने बताया- लवकेश के शव के पैर जमीन से टच हो रहे थे। इसके अलावा ऐसी कोई वजह नहीं थी कि वो सुसाइड करे। ऐसे में मुझे शक हो रहा था। मेरे छोटे बहनोई संजय चौहान ने बहू गौरी से पूछताछ की। पहले तो वह टाल-मटोल करती रही। फिर जब बहनोई ने कड़ाई से पूछा, तो वह घबराने लगी। इसके बाद उसने रोते हुए स्वीकार किया कि उसके और चचेरे देवर सुंदर बीच अवैध संबंध थे। इसी वजह से बहू का बेटे से झगड़ा होता रहता था। तकिए से मुंह दबाकर मार डालाबहू ने बताया कि 9 फरवरी की रात जब लवकुश सो रहे थे, तब मैंने फोन करके सुंदर को घर बुलाया। इसके बाद हम दोनों ने मिलकर तकिए से मुंह दबाकर लवकुश की हत्या कर दी। फिर हत्या को आत्महत्या का रूप देने के लिए गले में साड़ी का फंदा लगाकर शव को पंखे से लटका दिया। इसके बाद सुंदर अपने घर चला गया। सुबह 4 बजे मैंने पति के सुसाइड का शोर मचाया। इसके बाद रोने का नाटक करती रही। पिता सुरेश ने बताया- जब हमें इस घटना की सच्चाई पता चली, तो हमने तुरंत 112 नंबर पर सूचना दी। मेरी शिकायत पर बहू और उसके प्रेमी पर मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। डीसीपी सिटी अली अब्बास ने बताया- पत्नी गौरी और प्रेमी सुंदर के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। दोनों को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। उनसे पूछताछ की जा रही है। --------------------------- यह खबर भी पढ़ें- इंस्टाग्राम से प्यार, बॉयफ्रेंड निकला टाइल्स वाला, गोरखपुर में महंगी बाइकों के साथ फोटो देख इंप्रेस हुई गोरखपुर में नाबालिग लड़की को इंस्टाग्राम पर 17 साल के लड़के से प्यार हो गया। वह बॉयफ्रेंड की महंगी बाइकों के साथ फोटो देखकर इंप्रेस हो गई। दोनों की बातचीत होने लगी। धीरे-धीरे दोनों एक-दूसरे से प्यार करने लगे। फिर लड़की सिलाई करने के बहाने लड़के से मिलने जाने लगी। तब जाकर पता चला कि बॉयफ्रेंड टाइल्स लगाने का काम करता है। पढ़िए पूरी खबर…
रायसेन जिले में गुरुवार को करंट लगने से दो अलग-अलग हादसों में एक पांच वर्षीय बच्ची और एक किसान की मौत हो गई। घटनाएं बेगमगंज और सिलवानी थाना क्षेत्रों में हुईं। पहला हादसा बेगमगंज थाना क्षेत्र के हदाईपुर गांव में हुआ, जहां सुरेंद्र जैन की पांच वर्षीय बेटी स्वस्ति जैन की करंट लगने से मौत हो गई। बताया गया कि बच्ची ने गर्म पानी करने वाली रॉड लगी बाल्टी में हाथ डाल दिया था, जिससे उसे करंट लग गया। दूसरा हादसा सिलवानी थाना क्षेत्र के ग्राम जूनिया में हुआ। यहां 45 वर्षीय किसान हरिशंकर यादव अपने खेत पर बिजली लाइन की चपेट में आ गए। परिजनों और ग्रामीणों ने उन्हें तत्काल सिलवानी सिविल अस्पताल पहुंचाया, जहां डॉक्टरों ने जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया। स्वस्ति जैन के परिजनों ने शुरुआत में बच्ची का पोस्टमार्टम (पीएम) कराने से इनकार कर दिया था। उन्होंने अस्पताल में डॉक्टर को लिखित रूप से इसकी जानकारी दी और शव को घर ले गए। पुलिस को भी पीएम न कराने का निवेदन किया गया। हालांकि, अस्पताल से थाने में अज्ञात कारणों से करंट लगने की सूचना पहुंचने पर पुलिस ने मर्ग कायम किया। जब परिजन बच्ची के अंतिम संस्कार के लिए श्मशान पहुंच गए थे, तब पुलिस ने उन्हें समझाया कि नियमानुसार पीएम कराना आवश्यक है। पुलिस की समझाइश के बाद परिजन तैयार हुए और शव को दोबारा सिविल अस्पताल ले जाया गया। पीएम के बाद परिजनों ने पुलिस की मौजूदगी में शव को पलकमति वाले श्मशान में दफन कर दिया। इस दौरान परिजनों ने आरोप लगाया कि पुलिस ने पहले पीएम न कराने की मौखिक सहमति दी थी, लेकिन बाद में जोर डाला। वहीं, पुलिस का कहना है कि मर्ग की सूचना मिलने पर नियमानुसार पीएम कराना अनिवार्य था, जिसके बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया।
जयपुर में IPL मुकाबलों को लेकर चल रही अटकलों के बीच राजस्थान सरकार ने बड़ा संकेत दिया है। सवाई मानसिंह स्टेडियम की सुरक्षा और इंफ्रास्ट्रक्चर पर उठे सवालों को खारिज करते हुए मुख्य सचिव वी. श्रीनिवास ने BCCI और राजस्थान रॉयल्स को पत्र लिखकर साफ किया है कि स्टेडियम पूरी तरह सुरक्षित है। आगामी IPL सीजन के सभी मैच तय कार्यक्रम के अनुसार जयपुर में ही कराए जा सकते हैं। हाई-लेवल कमेटी की रिपोर्ट में भी स्टेडियम को क्लीन चिट मिल चुकी है। दरअसल, IPL के मुकाबले से पहले राजस्थान रॉयल्स की सीक्रेट रिपोर्ट पर अब राजस्थान सरकार एक्शन मोड में आ गई है। बीते दिनों एक रिपोर्ट का हवाला देकर IPL के मुकाबले जयपुर से पुणे शिफ्ट करने की तैयारी की जा रही थी। अब मुख्य सचिव वी श्रीनिवास ने उस रिपोर्ट का खंडन करते हुए जयपुर में ही IPL के मुकाबले कराने का लिए BCCI सचिव और राजस्थान रॉयल्स प्रबंधन को लेटर लिखा है। लेटर में बताया- राजस्थान सरकार, BCCI और राजस्थान रॉयल्स को देगी पूरा सहयोग मुख्य सचिव ने अपने लेटर में लिखा है कि - राजस्थान सरकार BCCI और राजस्थान रॉयल्स को पूरा सहयोग देगी। ताकि जयपुर में IPL पहले की तरह हो सके। खेल विभाग को समन्वय की जिम्मेदारी दी गई है। ताकि सभी व्यवस्थाएं तय समय पर पूरी हों। स्पोट्र्स और यूथ अफेयर्स के सेक्रेटरी नीरज कुमार पवन को BCCI, राजस्थान रॉयल्स, IPL गवर्निंग काउंसिल, राजस्थान क्रिकेट एसोसिएशन और राजस्थान स्टेट स्पोट्र्स काउंसिल के बीच नोडल कोऑर्डिनेटर नियुक्त किया गया है। जिससे आपसी संवाद और समन्वय में आसानी रहे। इसके साथ ही मुख्य सचिव ने BCCI नेतृत्व को IPL सीजन के दौरान जयपुर आने का न्योता भी दिया है। मुख्य सचिव के लेटर के बाद अब जयपुर में IPL मैचों के आयोजन को लेकर स्थिति लगभग साफ मानी जा रही है। खेल प्रेमियों को उम्मीद है कि इस सीजन में भी सवाई मानसिंह स्टेडियम में रोमांचक मुकाबलों का वही उत्साह देखने को मिलेगा। विवाद की बन सकती है स्थिति जानकारों के अनुसार, राजस्थान क्रिकेट एसोसिएशन का मौजूद विवाद इंडियन प्रीमियर लीग के मुकाबलों के दौरान विवाद पैदा कर सकता है।
डिंडौरी जनपद अध्यक्ष समेत सदस्य बैठक से बाहर:CEO पर मनमानी का आरोप; विधायक ने अधिकार हनन बताया
गुरुवार को डिंडौरी जनपद पंचायत में सामान्य सभा की बैठक के दौरान जनपद अध्यक्ष आशा धुर्वे सहित कुछ सदस्य विरोध करते हुए बाहर निकल गए। उन्होंने सीईओ प्रमोद ओझा पर मनमानी का आरोप लगाया। वहीं, विधायक ओमप्रकाश धुर्वे ने अध्यक्ष और सदस्यों पर अपने अधिकारों का हनन करने का आरोप लगाया। जनपद अध्यक्ष आशा धुर्वे ने आरोप लगाया कि सीईओ प्रमोद ओझा मनमानी कर रहे हैं। उनके अनुसार, सामान्य सभा की बैठक की तारीख उनके द्वारा तय करने के बावजूद उस समय बैठक नहीं होती, और बैठक के एजेंडे में भी अलग से मुद्दे जोड़ दिए जाते हैं। उन्होंने यह भी कहा कि बैठकों में अधिकारी कम आते हैं और जनपद सीईओ ही चला रहे हैं। अध्यक्ष ने बताया कि गुरुवार की बैठक में शिक्षा विभाग, बिजली, स्वास्थ्य, वन विभाग, कसईसोढ़ा ग्राम पंचायत में बाजार नीलामी, तीन वर्षों की बाजार वसूली और विक्रमपुर में सीसी सड़क निर्माण जैसे विषयों पर चर्चा होनी थी। जनता से जुड़े मुद्दों पर चर्चा नहीं विधायक ओमप्रकाश धुर्वे ने कहा कि वह जनपद की सामान्य सभा बैठक के विशेष आमंत्रित सदस्य हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि अध्यक्ष सहित कुछ सदस्यों ने अपने विषयों पर चर्चा करने के बाद बैठक छोड़ दी, जबकि उनके भी जनता से जुड़े कई महत्वपूर्ण विषय थे। विधायक के अनुसार, वह गर्मी में जल जीवन मिशन के तहत गांवों में पानी की स्थिति, उपस्वास्थ्य केंद्रों की व्यवस्थाएं, 15वें वित्त आयोग के वित्तीय वर्ष 2025-26 में टाइड और अनटाइड मद की राशि के व्यय की समीक्षा, नवीन पंचायत और सामुदायिक भवन, पेंशन योजना, शाला मरम्मत और सड़क जैसे विषयों की समीक्षा कर रहे थे। आरोपों को निराधार बताया सीईओ प्रमोद ओझा ने आरोपों को निराधार बताया। उन्होंने कहा कि जनपद अध्यक्ष की अनुमति से उनके और सदस्यों द्वारा रखे गए विषयों पर चर्चा कराई गई है। विधायक के विषय भी बैठक में रखे गए थे, जिनकी समीक्षा की गई। उन्होंने बताया कि उनके पास अन्य जनपदों का भी प्रभार है और बैठक के विषयों की जानकारी जनपद अध्यक्ष सहित सभी सदस्यों को पहले ही भेजी जाती है।
गांधीधाम सुपरफास्ट कल से पटरी पर दौड़ेगी:मदुरै एक्सप्रेस के समय में बदलाव, डेढ़ घंटा देरी से चलेगी
रेल यात्रियों के लिए जोधपुर मंडल से दो अहम अपडेट सामने आए हैं। तकनीकी कारणों से आंशिक रूप से रद्द चल रही जोधपुर-गांधीधाम सुपरफास्ट ट्रेन शुक्रवार से फिर से पटरी पर लौटेगी। वहीं, बीकानेर-मेड़ता रोड रेलखंड पर ब्लॉक के चलते बीकानेर-मदुरै साप्ताहिक ट्रेन के समय में बदलाव किया गया है। यात्रियों से यात्रा से पहले संशोधित समय की जानकारी लेने की अपील की गई है। जोधपुर मंडल डीआरएम अनुराग त्रिपाठी ने बताया कि रेलवे प्रशासन तकनीकी कार्यों को पूर्ण कर सुगम रेल संचालन सुनिश्चित कर रहा है। जोधपुर-गांधीधाम सुपरफास्ट पुनः पूर्ववत संचालित पश्चिम रेलवे पर तकनीकी कार्य के कारण पिछले तीन ट्रिप से भीलड़ी और गांधीधाम के बीच आंशिक रूप से रद्द रहने वाली जोधपुर-गांधीधाम-जोधपुर सुपरफास्ट ट्रेन शुक्रवार से अपने गंतव्य तक संचालित होगी। कारण: गांधीधाम-भुज रेलखंड पर गांधीधाम ब्लॉक केबिन और आदिपुर स्टेशनों के बीच तकनीकी कार्य के चलते यह ट्रेन भीलड़ी तक ही चल रही थी। बहाली: यह ट्रेन शुक्रवार से जोधपुर से गांधीधाम के लिए पूरी दूरी तय करेगी। वापसी: शनिवार, 14 फरवरी से ट्रेन संख्या 22484 गांधीधाम से जोधपुर के बीच पुनः पूर्ववत संचालित की जाएगी। बीकानेर-मदुरै एक्सप्रेस के समय में बदलाव बीकानेर-मेड़ता रोड रेलखंड पर आवश्यक तकनीकी कार्यों हेतु ब्लॉक लिया जा रहा है, जिससे बीकानेर-मदुरै एसी सुपरफास्ट का संचालन प्रभावित होगा। डीआरएम त्रिपाठी के अनुसार, खजवाना-मारवाड़ मूंडवा और नागौर-बदवासी स्टेशनों के मध्य होने वाले इस कार्य के कारण रेल यातायात रेगुलेट किया जाएगा। प्रभावित ट्रेन: ट्रेन संख्या 22632, बीकानेर-मदुरै साप्ताहिक एक्सप्रेस। अवधि: यह बदलाव 15 से 25 फरवरी के बीच पड़ने वाले दो ट्रिप (प्रत्येक रविवार) के लिए प्रभावी रहेगा। नया समय: यह ट्रेन बीकानेर से अपने निर्धारित समय दोपहर 3:30 बजे के बजाय डेढ़ घंटे की देरी से रवाना होगी।
राजस्थान हाईकोर्ट, जोधपुर में ग्रेनाइट एसोसिएशन जालोर के चुनाव को लेकर दायर याचिका पर सुनवाई करते हुए न्यायमूर्ति कुलदीप माथुर की एकलपीठ ने महत्वपूर्ण आदेश पारित किया है। हाईकोर्ट ने अगली सुनवाई तक कार्यकारिणी सदस्यों पर रोक लगाई। ग्रेनाइट उधमियों ने राजस्थान उच्च न्यायालय मे एस.बी. सिविल रिट याचिका पेशकर याचिकाकर्ताओं ने आरोप लगाया कि ग्रेनाइट एसोसिएशन जालोर के चुनाव आयोग के समन्वयक द्वारा बिना अधिकार एवं बिना सुनवाई का अवसर दिए ग्रेनाइट एसोसिएशन के 113 सदस्यों के नाम मतदाता सूची से हटा दिए गए। इसी कथित अवैध मतदाता सूची के आधार पर चुनाव संपन्न कराए गए। याचिका में यह भी कहा गया कि एसोसिएशन के उपविधियों के अनुसार अधिकतम पांच पदों पर ही चुनाव हो सकते थे, जबकि 9 पदों पर चुनाव कराए गए, जो नियमों का उल्लंघन है। कार्यकारिणी के रूप में काम नहीं कर पाएंगे सदस्य याचिकाकर्ता पक्ष के अधिवक्ता ने न्यायालय को बताया कि वर्ष 1984 में पंजीकृत उपविधियों में अब तक कोई संशोधन नहीं हुआ है। न्यायालय ने मामले को विचारणीय मानते हुए प्रतिवादियों को नोटिस जारी करने के आदेश दिए हैं। साथ ही स्थगन आवेदन पर भी नोटिस जारी किया गया है।अंतरिम आदेश में न्यायालय ने अगली सुनवाई तक कार्यकारिणी सदस्यों को ग्रेनाइट एसोसिएशन जालोर के कार्यकारिणी सदस्य के रूप में कार्य करने से रोक दिया है। वे न्यायालय की अनुमति के बिना किसी भी प्रकार से कार्य नहीं कर सकेंगे।
रायपुर में सरकारी नौकरी दिलाने के नाम पर 31 लाख 50 हजार रुपए की ठगी हो गई। आरोप है कि तीन लोगों ने मंत्रालय में नौकरी दिलाने का झांसा देकर कई लोगों से अलग-अलग किस्तों में रकम वसूली, लेकिन लंबे समय बाद भी किसी की नौकरी नहीं लगी। परेशान पीड़ितों ने अब पुलिस में शिकायत दर्ज कराई है। यह मामला टिकरापारा थाना क्षेत्र का है। आरोपियों ने नौकरी का दिया झांसा शिकायतकर्ता हरीश ध्रुव ने पुलिस को बताया कि आरोपी विश्वनाथ गुप्ता, चंद्रमा गुप्ता और दिपेश नवरंग ने उसे और उसके परिजनों को मंत्रालय में विभिन्न पदों पर नौकरी लगाने का भरोसा दिलाया था। आरोपियों ने हरीश को ड्राइवर, उसकी पत्नी तारा ध्रुव को ऑफिस असिस्टेंट, रिश्तेदारों को डाटा एंट्री ऑपरेटर, ऑफिस असिस्टेंट और चपरासी जैसे पदों पर नियुक्ति का आश्वासन दिया था। जुलाई 2025 में आरोपी ने लिए थे पैसे पीड़ितों के अनुसार, 19 जुलाई 2024 को कमल विहार के एक रेस्टोरेंट के पास कार में बैठकर आरोपियों ने पहली किस्त के रूप में 5.50 लाख रुपए लिए। इस दौरान उन्होंने पैसे लेते समय वीडियो भी बनाया। इसके बाद अलग-अलग समय पर करीब 6 लाख रुपए और नकद ले लिए गए। हरीश के परिचित स्वप्निल दुबे से भी बेवरेज कॉर्पोरेशन में उपाध्यक्ष बनाने के नाम पर 20 लाख रुपए वसूले गए। मंत्रालय ले जाकर पीड़ितों को फर्जी नियुक्ति पत्र भी दिए पीड़ितों का कहना है कि दिपेश नवरंग उन्हें मंत्रालय भी ले गया, जहां कथित वेरिफिकेशन कराया गया और नियुक्ति पत्र तक दिए गए। इसके बावजूद किसी की जॉइनिंग नहीं हुई। लगातार टालमटोल से परेशान होकर पीड़ितों ने पुलिस से कार्रवाई की मांग की है। टिकरापारा थाना पुलिस ने आवेदन लेकर मामले की जांच शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि जांच के बाद आरोपियों के खिलाफ धोखाधड़ी का केस दर्ज किया जाएगा।
देवास में एमआर-1 रोड के लंबित निर्माण को लेकर क्षेत्रीय कॉलोनीवासियों ने विरोध प्रदर्शन किया। बड़ी संख्या में महिलाओं सहित रहवासी स्वास्तिक प्रीमियम कॉलोनी गेट (गीता श्री के पास) पर एकत्रित हुए और वहां से कैलादेवी चौराहे तक शांतिपूर्ण रैली निकाली। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि इस क्षेत्र में 5 से 6 प्रमुख कॉलोनियां स्थित हैं, जिनकी लगभग 20 से 25 हजार की आबादी इस मार्ग पर निर्भर करती है। सड़क की खराब हालत के कारण आवागमन में भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। कॉलोनीवासियों ने मांग की है कि वर्षा ऋतु शुरू होने से पहले एमआर-1 रोड का निर्माण कार्य प्राथमिकता के आधार पर शुरू किया जाए। लोग बोले- जल्द कराया जाए निर्माणआंदोलन में शामिल अजय शुक्ला ने बताया कि एमआर रोड का कार्य अब तक शुरू नहीं हुआ है। इस मार्ग को मास्टर प्लान से क्यों हटा दिया गया, जबकि इसका निर्माण जल्द से जल्द होना चाहिए। एमआर-1 रोड का निर्माण न होने से गोमती नगर, बद्रीधाम नगर, जवाहर नगर, गीता श्री ड्रीम सिटी और अंबे नगर सहित कई अन्य कॉलोनियां प्रभावित हो रही हैं। यह मार्ग शासन की महत्वाकांक्षी रिडेंसिफिकेशन योजना का हिस्सा था। पहले इसे योजना में शामिल किया गया था, लेकिन बाद में बजट का हवाला देकर इसे बाहर कर दिया गया, जिससे रहवासियों में नाराजगी बढ़ रही है। आरोप है कि अधिकारियों ने अतिक्रमण, निजी भूमि और वास्तविक लागत का सही आकलन किए बिना ही योजना बना दी थी। इसका खामियाजा अब हजारों लोगों को भुगतना पड़ रहा है। एमआर-1 के 3.60 किलोमीटर हिस्से का निर्माण प्रस्तावित था। करीब डेढ़ साल तक लोगों को उम्मीद थी कि मार्ग का निर्माण जल्द शुरू होगा, लेकिन अचानक लिए गए इस फैसले से उनमें निराशा है।
बिलासपुर में बेखौफ युवक आधी रात एक प्रॉपर्टी डीलर के घर में घुस गया। उसने कमरों की तलाशी ली, जिसके बाद आलमारी से 50 हजार रुपए पार कर दिया। जिस समय चोरी की वारदात हुई उस समय परिवार के सदस्य कमरे में सो रहे थे। इसके बाद भी उन्हें चोर के आने की भनक तक नहीं लगी। पूरी वारदात घर में लगे सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गई है। सीसीटीवी वीडियो में मुंह में नकाब लगाए युवक गेट फांद कर अंदर जाते दिख रहा है। घटना सिटी कोतवाली थाना क्षेत्र की है। पुलिस इस मामले में अपराध दर्ज कर जांच कर रही है। पहले देखिए 3 तस्वीरें जानिए पूरा मामला दयालबंद नारियल कोठी निवासी मनजीत सलूजा उर्फ निक्कू प्रॉपर्टी डीलर हैं। 10 फरवरी की रात करीब 10 बजे वो परिवार के साथ खाना खाकर सो गए थे। इसी दौरान युवक उनके घर में घुसा था। उसने कमरे में रखी अलमारी खोलकर उसमें रखे 50 हजार रुपए कैश चोरी कर लिए। भतीजी की खुली नींद, चोर को देखकर चाचा को लगाया फोन मनजीत सलूजा ने बताया कि रात करीब 12.15 बजे उनकी भतीजी की अचानक नींद खुल गई, तब उसे घर के अंदर कोई युवक नजर आया। इस पर भतीजी ने उसके मोबाइल पर कॉल किया। इसके बाद वे अपने भाई और भतीजों के साथ ऊपर के कमरे में पहुंचे, लेकिन तब तक चोर फरार हो चुका था। इस घटना की जानकारी तत्काल परिवार के सदस्यों को दी गई। सीसीटीवी वीडियो में दिखा चोर मनजीत ने बाद में घर में लगे सीसीटीवी कैमरे की जांच की, तब देर रात चेहरे पर नकाब लगाए युवक गेट से कूदकर घर के अंदर आते दिखा। पहले वो छत की तरफ जाने का रास्ता देखने सीढ़ियों की ओर जाते दिखा, जिसके बाद कमरों में घुसते नजर आया। उन्होंने चोरी की शिकायत पुलिस से की है, जिस पर पुलिस ने केस दर्ज कर सीसीटीवी वीडियो के जरिए चोरी करने वाले युवक की पहचान कर और उसकी तलाश में जुट गई है।
रायपुर में दुर्गा महाविद्यालय की प्लेटिनम जुबली के मौके पर वार्षिकोत्सव, प्रतिभा सम्मान और कल वाटिका समापन समारोह ‘मिलन 2026’ का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ प्राचार्य प्रतिभा मुखर्जी साहूकार, उप प्राचार्य सुरेंद्र कुमार अग्रवाल, मुख्य अतिथि विधायक पुरंदर मिश्रा, पद्मश्री अनुज शर्मा, शेखर अमीन (अध्यक्ष, शासकीय निकाय), जाकिर अली और छात्र परिषद प्रभारी अजय कुमार शर्मा द्वारा मां सरस्वती के पूजन से हुआ। स्वस्ति वाचन विजय कुमार चौबे ने किया। ‘मिलन 2026’ के कार्यक्रम में अजय कुमार शर्मा ने वार्षिक प्रतिवेदन प्रस्तुत किया और महाविद्यालय के सात दशकों के गौरवशाली इतिहास के साथ पूर्व शिक्षकों को याद किया। स्वागत भाषण में प्राचार्य प्रतिभा मुखर्जी साहूकार ने आयोजन को गर्व का क्षण बताया और विद्यार्थियों को मनोरंजन के साथ परीक्षा की तैयारी पर ध्यान देने की सलाह दी। विधायक पुरंदर मिश्रा ने छात्रों को माता-पिता और शिक्षकों का सम्मान करने, मोबाइल और नशे से दूर रहने की सलाह दी और विधायक निधि से महाविद्यालय को 5 लाख रुपए देने की घोषणा की। पद्मश्री अनुज शर्मा ने युवाओं को किया प्रेरित, गीत से बांधा समां पद्मश्री अनुज शर्मा ने कहा कि विकसित भारत @2047 के लक्ष्य को युवा ही साकार कर सकते हैं। उन्होंने विद्यार्थियों को जीवन के हर क्षेत्र में उत्कृष्टता हासिल करने की प्रेरणा दी। विशेष आग्रह पर उन्होंने लक्ष्मण मस्तुरिया का गीत ‘छत्तीसगढ़िया हव जी’ और ‘सपना थाव तोला घेरी बेरी’ प्रस्तुत कर वातावरण को उत्साहपूर्ण बना दिया। इसके बाद विश्वविद्यालय की प्रवीण्य सूची के विद्यार्थियों, पीएचडी उपाधि प्राप्त छात्रों, राष्ट्रीय सेवा योजना और एनसीसी के कैडेट्स को विभिन्न श्रेणियों में सम्मानित किया गया। 50 से अधिक सांस्कृतिक प्रस्तुतियां, देशभक्ति से गूंजा परिसर कार्यक्रम में गीत-संगीत, एकल और समूह नृत्य की करीब 50 प्रस्तुतियां दी गई। पुलवामा अटैक और ऑपरेशन सिंदूर पर एनसीसी कैडेट्स की प्रस्तुति ने दर्शकों को भावविभोर कर दिया और भारत माता की जय के नारे गूंज उठे। छात्रा पूजा ने ‘मेरे ढोलना’, पिंकी समूह ने ‘मारिया मारिया’, मुस्कान समूह ने हरियाणवी डांस और अन्य समूहों ने बॉलीवुड और छत्तीसगढ़ी नृत्य प्रस्तुत किए। कार्यक्रम का संचालन गणेश शंकर पांडे ने किया, पुरस्कार वितरण विजय चौबे ने संपन्न कराया तथा आभार प्रदर्शन सुनीता चंसोरिया ने किया। समापन डीजे कार्यक्रम के साथ हुआ।
बच्चों के एग्जाम को देखते हुए चंडीगढ़ पुलिस ने शहर में ध्वनि प्रदूषण को लेकर सख्ती बढ़ा दी है। जिसके चलते रात 10 बजे के बाद अगर डीजे चला तो कानूनी कार्रवाई की जाएगी। चंडीगढ़ एसएसपी कंवरदीप कौर की अध्यक्षता में एक बैठक आयोजित की गई। इसमें शहर की सभी डीजे एसोसिएशन के प्रतिनिधि, होटल, मैरिज पैलेस, बैंक्वेट हॉल, क्लब और अन्य इवेंट वेन्यू के मालिक व मैनेजर शामिल हुए। रात 10 बजे के बाद साउंड सिस्टम पर रोक एसएसपी कंवरदीप कौर ने कहा कि सभी होटल, मैरिज पैलेस, क्लब और डीजे संचालक शोर संबंधी नियमों का सख्ती से पालन करें। रात 10 बजे के बाद साउंड सिस्टम पूरी तरह बंद करना जरूरी होगा। किसी भी कार्यक्रम में डीजे या लाउड स्पीकर चलाने से पहले संबंधित विभाग से अनुमति लेनी होगी। रिहायशी इलाकों और स्कूल-कॉलेज के पास खास ध्यान रखने के निर्देश दिए गए हैं। पुलिस ने चेतावनी दी है कि नियम तोड़ने वालों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। आयोजक, वेन्यू मैनेजर और डीजे संचालक खुद जिम्मेदार माने जाएंगे।
शहडोल जिले में अवैध कोयला खनन रोकने गई वन विभाग की टीम पर जानलेवा हमला हुआ है। सोहागपुर थाना क्षेत्र के खितौली बीट में 30 से अधिक लोगों की भीड़ ने शहडोल रेंजर और उनके अमले को घेर लिया। हमलावरों ने न केवल टीम को बंधक बनाया, बल्कि उनके साथ मारपीट भी की। कार्रवाई से लौटते समय हुआ हमला वन विभाग को सूचना मिली थी कि सोन नदी के सलमा घाट क्षेत्र में बड़े पैमाने पर अवैध कोयला निकाला जा रहा है। इस सूचना पर रेंजर राम नरेश विश्वकर्मा 10 वनकर्मियों के साथ मौके पर पहुंचे थे। कार्रवाई पूरी कर जब टीम वापस लौट रही थी, तभी पहले से घात लगाए बैठे कोल माफिया और उनके साथियों ने टीम का रास्ता रोक लिया। भीड़ ने पूरी टीम को घेरकर उनके साथ धक्का-मुक्की और मारपीट शुरू कर दी। पहले भी मिल चुकी धमकी जानकारी के अनुसार, दो दिन पहले भी माफियाओं ने रेंजर के साथ बदतमीजी की थी और उन्हें काम न करने की धमकी दी थी। रेंजर ने धमकियों की परवाह किए बिना कार्रवाई जारी रखी, जिसके बाद यह हमला हुआ। घटना की जानकारी मिलते ही वन विभाग के उच्च अधिकारी और पुलिस मौके पर पहुंची। अधिकारी बोले- दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा दक्षिण वन मंडलाधिकारी श्रद्धा पंद्रे ने कहा कि सरकारी काम में बाधा डालने और कर्मचारियों पर हमला करने वाले दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा। सोहागपुर थाना प्रभारी अरुण पांडेय के मुताबिक, वन विभाग की शिकायत पर मामला दर्ज कर लिया गया है और आरोपियों की तलाश शुरू कर दी गई है।
सूरजकुंड मेले में बीते दिनों हुए झूला हादसे के बाद वीरवार को हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी घायलों से मिलने फरीदाबाद पहुंचे। मुख्यमंत्री सबसे पहले सुप्रीम अस्पताल पहुंचे, जहां हादसे में घायल तीन लोगों का उपचार चल रहा है। उन्होंने अस्पताल में भर्ती घायलों से मुलाकात कर उनका हालचाल जाना और डॉक्टरों से उनके स्वास्थ्य की जानकारी ली। मुख्यमंत्री ने घायलों का हौसला बढ़ाते हुए उनके शीघ्र स्वस्थ होने की कामना की। उन्होंने कहा कि यह हादसा अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण है और राज्य सरकार इस घटना को लेकर बेहद गंभीर है। उन्होंने घायलों और उनके परिजनों को आश्वस्त किया कि इलाज में किसी प्रकार की कमी नहीं आने दी जाएगी तथा उनके उपचार का पूरा खर्च हरियाणा सरकार वहन करेगी। शहीद इंस्पेक्टर के परिवार को सरकारी नौकरी की घोषणा सीएम सैनी ने हादसे में शहीद हुए इंस्पेक्टर जगदीश प्रसाद को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए गहरी संवेदना व्यक्त की। उन्होंने कहा कि शहीद इंस्पेक्टर के परिवार को सरकारी नौकरी और आर्थिक सहायता प्रदान की जाएगी, ताकि परिवार को किसी प्रकार की कठिनाई का सामना न करना पड़े। ‘झूला सेफ्टी पॉलिसी’ बनाने की घोषणा उन्होंने भविष्य में ऐसी घटनाओं की रोकने के लिए ‘झूला सेफ्टी पॉलिसी’ बनाने की घोषणा की। मुख्यमंत्री ने कहा कि इस नीति के तहत मेलों और अन्य आयोजनों में लगाए जाने वाले झूलों व मनोरंजन उपकरणों की नियमित जांच और सुरक्षा मानकों को सख्ती से लागू किया जाएगा, जिससे आमजन की सुरक्षा सुनिश्चित हो सके। भाजपा प्रदेश अध्यक्ष सहित कई अधिकारी मौजूद इस दौरान हरियाणा भाजपा प्रदेश अध्यक्ष मोहनलाल बडौली, आयुक्त सतेंद्र कुमार गुप्ता, हरियाणा टूरिज्म के MD पार्थ गुप्ता, DC आयुष सिन्हा और CMO जयंत अहूजा सहित अन्य अधिकारी भी मौजूद रहे।
हांसी में आयोजित राज्य स्तरीय सीएम कप 2025-26 कबड्डी प्रतियोगिता में हिसार जिले की टीम ने पूरे हरियाणा में प्रथम स्थान प्राप्त कर किया है। इस जीत में हांसी के सनातन धर्म महिला महाविद्यालय की छात्रा कविता ने टीम का सफल नेतृत्व किया। हरियाणा खेल विभाग के निर्देशानुसार इस प्रतियोगिता के लिए 5 फरवरी 2026 को महाबीर स्टेडियम में ट्रायल आयोजित किए गए थे। चयनित खिलाड़ियों ने 9 से 11 फरवरी तक गुरुग्राम और पलवल में आयोजित राज्य स्तरीय मुकाबलों में शानदार प्रदर्शन करते हुए स्वर्ण पदक अपने नाम किया। सनातन धर्म महिला महाविद्यालय, हांसी की बी.ए. तृतीय वर्ष की छात्रा कविता ने टीम की कप्तानी करते हुए बेहतरीन नेतृत्व क्षमता का परिचय दिया। उनके नेतृत्व में टीम ने अनुशासन, रणनीति और दमदार खेल के दम पर यह खिताब हासिल किया। विजेता टीम को मिले एक लाख रुपए विजेता टीम को प्रथम पुरस्कार के रूप में गोल्ड मेडल के साथ एक लाख रुपए भी प्रदान किए गए। महाविद्यालय के प्रशासक एवं एसडीएम हांसी राजेश खोथ तथा प्राचार्य डॉ. सुरेश कुमार गुप्ता ने कविता, उनके माता-पिता और कोच मुकेश को हार्दिक बधाई दी। उन्होंने इस सफलता को कड़ी मेहनत, समर्पण और मजबूत टीम भावना का परिणाम बताया। यह उपलब्धि न केवल सनातन धर्म महिला महाविद्यालय, हांसी बल्कि पूरे हिसार और हांसी जिले के लिए गर्व का क्षण है।
सुलतानपुर के धनपतगंज थाना क्षेत्र में गुरुवार को फर्जी शादी के नाम पर ठगी करने वाले एक संगठित गिरोह के चार आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने उनके कब्जे से शादी के दौरान दिए गए जेवरात और नकदी बरामद की है। पीड़ित की शिकायत पर पुलिस ने केस दर्जकर चारों को जेल भेज दिया है। यहां देखिए तीन तस्वीरें… जानिए पूरा मामला दरअसल, बुधवार रात करीब 8.30 बजे पीड़ित जगदीश पिता नानकराम निवासी मोहनपुरा थानाक्षेत्र बालाघाट, जिला करौली, राजस्थान ने थाना धनपतगंज में लिखित शिकातयत दी थी। उन्होंने पुलिस को बताया कि मेरे बड़े बेटे रोहिताश के लिए रिश्ते की तलाश में परिजनों से बात की थी। देवरिया में रचाई थी शादी उनके भांजे मनोज ने मथुरा निवासी राजपाल से संपर्क कराया, जिसने देवरिया की एक युवती से शादी का प्रस्ताव दिया। 10 फरवरी को लाईपार स्थित दुर्गा मंदिर में बेटे ने सात फेरे लिए थे। इसके बाद शादी के तुरंत बाद गिरोह के सदस्यों ने 1.40 लाख रुपए की मांग की। पैसे न देने पर दुल्हन को विदा न करने और झूठे मुकदमे में फंसाने की धमकी दी गई। इस दबाव में पीड़ित परिवार ने 1.10 लाख रुपए दिए। पुलिस ने घेराबंदी करके आरोपियों को पकड़ा इसके बाद घर वापसी के दौरान पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे किलोमीटर-110 स्थित कैंटीन पर दोबारा 64 हजार की मांग की, जिसमें से 7 हजार रुपए और वसूल लिए थे। इसके बाद पुलिस को पीड़ित ने सूचना दी। मौके पर पुलिस ने दुल्हन समेत चारों आरोपियों को बेनीपुर अंडरपास के पास घेराबंदी करते हुए हिरासत में ले लिया। गिरफ्तार किए गए आरोपियों में सुनील कुमार, सुमन उर्फ मुस्कान उर्फ प्रियंका (दुल्हन), रानी निशा और शशि भारती शामिल हैं। जांच में पता चला है कि दुल्हन बनी महिला पहले से शादीशुदा है। सीओ बल्दीराय आशुतोष कुमार ने बताया- यह एक सुनियोजित गिरोह है, जो फर्जी पहचान के आधार पर शादी कराकर बाद में ब्लैकमेलिंग के जरिए पैसे वसूलता था। सभी आरोपियों को जेल भेज दिया गया है। आरोपियों ने अब तक कितनी घटनाएं की हैं , इसकी फिलहाल कोई स्पष्ट जानकारी उपलब्ध नहीं है। चारों आरोपियों को जेल भेज दिया गया है। पुलिस गिरोह के अन्य संदिग्ध साथियों की तलाश कर रही है।
खेजड़ी बचाओ आंदोलन के तहत चल रहे महापड़ाव कुछ ही देर में खत्म हो जाएगा। राज्य मंत्री केके बिश्नोई सरकार की ओर से पत्र लेकर पहुंचे हैं। इससे पहले मंच से शुभ संदेश की कामना के साथ नानी बाई को मायरो के गीत गाए गए। मंच से पहले ही घोषणा हो गई थी कि हमारा भाई शुभ संदेश लेकर आ रहा है। आंदोलन के मुख्य संयोजक राम गोपाल बिश्नोई कहा- सरकार ने एक खेजड़ी के संबंध में सर्कुलर जारी कर दिया है। अब राज्य में खेजड़ी नहीं कटेगी। इसी सत्र में ये नियम लाने की घोषणा की गई है। ये आप सबके संघर्ष की जीत है। हमें संगठित रहना होगा। बिश्नोई समाज के साथ 36 कौम ने सहयोग किया है सभी का धन्यवाद करता हूं। महापड़ाव पिछले 11 दिनों से जारी था। पढ़ें आंदोलन से जुड़ी ये खबर भी… 'हम खेजड़ली की तरह शहीद होने को तैयार':बोले- संतों ने आदेश खारिज किया; कटाई नहीं रुक रही, हम सरकार का विश्वास कैसे करें बीकानेर में चल रहे खेजड़ी बचाओ आंदोलन का नेतृत्व कर रहे रामगोपाल बिश्नोई ने कहा कि संतों को वार्ता के लिए जयपुर भेजा गया था। आज संतों ने वापस आकर बताया कि संभागीय आयुक्त के माध्यम से एक आदेश जारी किया जा रहा है। संतों ने इस आदेश को आज सिरे से खारिज कर दिया है। आंदोलन को जारी रखने की सलाह दी है। (पढ़ें पूरी खबर) खेजड़ी बचाओ आंदोलन में पैदल पहुंचे पूर्व मंत्री:भजन-कीर्तन कर किया अनशन, कांग्रेस ने समर्थन में निकाली रैली बीकानेर में खेजड़ी बचाने को चल रहे आंदोलन के तहत शनिवार को लगातार छठे दिन बिश्नोई धर्मशाला के आगे महापड़ाव जारी रहा। पूर्व शिक्षा मंत्री डॉ. बी.डी. कल्ला ने भी पैदल कूच कर महापड़ाव स्थल पर पहुंचकर अनशनकारियों को संबोधित किया। (पढ़ें पूरी खबर) खेजड़ी बचाने के आंदोलन में पहुंचे भाजपा विधायक:बोले- मैं इनका समर्थन करता हूं; आंदोलनकारियों ने कहा- इतिहास दोहराने के लिए तैयार खेजड़ी बचाने के लिए राजस्थान में बीकानेर से शुरू हुआ आंदोलन हनुमानगढ़, श्रीगंगानगर और जालोर तक पहुंच गया है। इन जिलों में लोगों की ओर से धरने दिए जा रहे हैं। हालांकि बीकानेर में ही खेजड़ी काटने का मामला सामने आया है। (पढ़ें पूरी खबर) पल-पल की अपडेट के लिए ब्लॉग से गुजर जाइए
सरगुजा जिले में SECL के अमेरा खदान में घुसकर संगठित कोयला चोरी करने के मामले में पुलिस ने कार्रवाई करते हुए 21 ग्रामीणों को गिरफ्तार किया है। ग्रामीणों के कब्जे से 1.5 टन कोयला, 19 बाइक और साइकिलें बरामद की है। पुलिस की टीम जब खदान क्षेत्र में पहुंची तो बड़ी संख्या में खदान में घुसे ग्रामीण भाग निकले। खदान के अलावा नदियों के मुहानों पर कोयला उत्खनन के लिए खोदे गए गड्ढों को भी पुलिस ने जेसीबी से पटवा दिया है। SECL के अमेरा कोयला खदान में कई दिनों से करीब 300 से 400 की संख्या में ग्रामीण रोज घुसकर संगठित रूप से कोयला चोरी कर रहे थे। ग्रामीणों द्वारा बोरों में भरकर कोयला बाहर निकाला जाता है। उन्हें रोकने पर सुरक्षा कर्मियों से गाली-गलौज भी की जाती है। मामले का वीडियो भी सोशल मीडिया में वायरल हो रहा था। पुलिस पहुंची तो मची अफरातफरी, 21 गिरफ्तार रोज कई टन कोयला चोरी होने से SECL को लाखों का नुकसान उठाना पड़ रहा था। SECL विश्रामपुर के जीएम डा. संजय सिंह ने सरगुजा SSP राजेश कुमार अग्रवाल को जानकारी देकर कार्रवाई की मांग की थी। गुरुवार को SDOP तुल सिंह पट्टावी और थाना प्रभारी लखनपुर संपत पोटाई के नेतृत्व में पुलिस टीम जवानों के साथ अमेरा पहुंची। पुलिस टीम को देखकर कोयला चोरी करने घुसे ग्रामीणों में अफरा-तफरी मच गई। ग्रामीण इधर-उधर भागने लगे। बाइक और साइकिलों में कोयला लोड कर चुके ग्रामीण नहीं भाग सके, जिन्हें पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने पन्डरू राजवाड़े, धनेश्वर राजवाडे, सपुरन, भीन्गल राम, राजेन्द्र प्रसाद, रामदेव, अनीष राजवाड़े, सोनसाय, जगेश्वर, सुखसाय, चमरू सहित 21 ग्रामीणों को गिरफ्तार किया है। ग्रामीणों के पास से डेढ़ टन कोयला, 13 साइकिलें और 19 बाइक जब्त की गई है। सभी के खिलाफ अपराध दर्ज किया गया है। अवैध खदानों को पुलिस ने पटवाया अमेरा खदान के अलावा पुलिस ने अवैध रूप से कोयला निकालने के लिए नदियों के किनारे खोदे गए गड्ढों को भी जेसीबी से भरवाया। ग्रामीणों द्वारा गड्ढे खोदकर कोयला निकाला जा रहा था। यह कोयला आसपास के ईंट भट्ठों में खपाया जा रहा था। सरगुजा ASP अमोलक सिंह ने कहा कि भविष्य में कोयला चोरी की शिकायत मिलती है तो कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
जबलपुर में पुलिस कॉन्स्टेबल को दो युवकों ने गालियां दीं। चप्पलों से पीटा। वारदात ओमती थाना इलाके में सिविक सेंटर के पास गुरुवार शाम की है। इसका वीडियो भी सामने आया है। घटना के दौरान मौके पर भीड़ जमा होने से जाम की स्थिति बन गई। सूचना मिलते ही ओमती थाने का स्टाफ मौके पर पहुंचा। दोनों पक्षों को पुलिस स्टेशन लाया गया। देखिए, मारपीट की 4 तस्वीरें.. पुलिस बोली- जांच के बाद आगे की कार्रवाई करेंगेसीएसपी रितेश कुमार शिव ने बताया कि कॉन्स्टेबल का नाम रंजीत कौरव है, जो कोर्ट में तैनात है। आरोपी कोर्ट में काम करने वाली एक महिला के परिजन हैं। महिला और कॉन्स्टेबल किसी काम के सिलसिले में एक ही जगह पर मौजूद थे। इसी बात को लेकर महिला के परिजन और कॉन्स्टेबल के बीच विवाद हुआ। मारपीट करने वाले दोनों युवक सिवनी जिले के रहने वाले हैं। उनसे पूछताछ की जा रही है। जांच के आधार पर आगे की वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। ये खबर भी पढ़ें… महिला का पल्लू पेड़ से बांधकर पीटा मऊगंज के कौआढान गांव में महिला का पल्लू पेड़ से बांधकर उसके साथ मारपीट की गई। घटना 9 फरवरी की है, इसका वीडियो 12 फरवरी को सामने आया। पुलिस ने 5 लोगों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है। पढ़ें पूरी खबर…
चित्तौड़गढ़ शहर में बुधवार रात न्यू क्लॉथ मार्केट किडनैप हुए युवक को पुलिस ने डेढ़ घंटे में बचा लिया था। घायल युवक का इलाज चल रहा है। गुरुवार को पीड़ित युवक ने बताया कि आरोपियों ने उस पर रिवॉल्वर तानकर मारने की कोशिश की थी। यह भी बताया कि पुलिस की नाकाबंदी के कारण जान बची। पीड़ित बोरदा निवासी कालूलाल माली ने बताया- रिश्तेदारी के पुराने मामले में कुछ लोग रंजिश रखते हैं। बुधवार शाम मैं अपना मोबाइल बूंदी रोड स्थित बाजार में ठीक करवाने गया था। आरोपी किशन माली और रतन माली मेरी रैकी करते हुए बाजार पहुंच गए। वहां उन्होंने सात-आठ अन्य लोगों को बुलाया। सभी ने मिलकर मेरी आंख-मुंह में मिर्ची डाली और चाकू दिखाकर स्कॉर्पियों में किडनैप कर लिया। वे कार से मुझे लेकर निकले। कार में मेरे मुंह पर कपड़ा बांधा और अलग-अलग जगह ले गए। गंगरार में घेराबंदी, डेढ़ घंटे में छुड़ाया कालूलाल माली ने बताया- पहले बस्सी रोड से दरगाह की ओर और फिर सैमलपुरा के पास कच्चे रास्ते पर ले गए। वहां एक मंदिर के पास गाड़ी रोकी। वहां दो आरोपियों ने मुझ पर पिस्तौल तान दी। आरोपियों के बीच आपस में फोन पर बातचीत हो रही थी। वे लोग मुझे मारकर कहीं फेंकने की बात कर रहे थे। लेकिन पुलिस की सख्त नाकाबंदी की सूचना मिली तो घबरा गए। उन्होंने अपने हथियार बाइक पर आए दूसरे साथियों को सौंप दिए और भागने की कोशिश की। गंगरार क्षेत्र में पुलिस ने घेराबंदी कर स्कॉर्पियो को पकड़ लिया। कोतवाली, गंगरार, साडास और आसपास के थानों की संयुक्त कार्रवाई में महज डेढ़ घंटे के भीतर सुरक्षित छुड़ा लिया। चाकू लगने से चोट आई। पुलिस ने हॉस्पिटल में मेडिकल के लिए भेजा। पुलिस ने मौके से छह आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है और एक दिन की रिमांड मिली है। पुरानी रंजिश या साजिश? जांच में जुटी पुलिस कालूलाल ने बताया-आरोपी किशन माली ने पहले भी कुछ लोगों के साथ मिलकर किडनैप की कोशिश की थी। तब गांव वालों ने बचा लिया था। मेरा किसी से सीधा विवाद नहीं था, रिश्तेदारी के एक पुराने मामले को लेकर कुछ लोग मेरे खिलाफ हो गए थे और उसी कारण यह साजिश रची गई। पुलिस अधिकारियों के अनुसार प्रारंभिक जांच में पुरानी रंजिश का मामला सामने आया है, हालांकि सभी पहलुओं की गहराई से जांच की जा रही है। बाजार क्षेत्र में हुई इस वारदात से लोगों में दहशत फैल गई थी, लेकिन समय पर कार्रवाई से युवक की जान बच गई। गुरुवार को दिनभर इस मामले को लेकर चर्चा बनी रही और आमजन ने पुलिस की तुरंत कार्रवाई की सराहना की।
हरियाणा के कुरुक्षेत्र के अकाउंटेंट की पंजाब में चाकू मारकर निर्मम हत्या कर दी। उसका खून से लथपथ शव नट बोल्ट बनाने वाली फैक्ट्री के पास खाली प्लाट में पड़ा मिला। युवक इसी फैक्ट्री में अकाउंटेंट था और रोजाना कुरुक्षेत्र से अपडाउन करता था। बुधवार की रात को वह घर नहीं पहुंचा तो परिवार ने उसके मोबाइल पर कॉल किया, जो स्वीच ऑफ था। रात भर परिजन उसके लौटने का इंतजार करते रहे, लेकिन सुबह तक उसका कोई पता नहीं चला। इसके बाद परिवार ने कुरुक्षेत्र पुलिस को मामले की जानकारी दी। गुरुवार को उसकी हत्या का पता चला। परिवार के लोग मौके पर पहुंचे। पंजाब पुलिस के मुताबिक, युवक के चेहरे, गले, छाती सहित शरीर के अन्य हिस्सों पर चाकू से वार के 12 निशान मिले है। उसकी निर्ममता से हत्या की है। सबसे खास बात यह है कि युवक का कैश और अन्य सामान सलामत है, केवल उसका मोबाइल गायब है। फिलहाल, पंजाब पुलिस ने मामला दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है। आसपास लगे सीसीटीवी कैमरे खंगाले जा रहे है। मृतक शादीशुदा था और दो बच्चों का पिता था। यहां जानिए कैसे हुआ अकाउंटेंट का मर्डर… पुलिस कर रही मामले की छानबीन: एसएचओथाना लालड़ू के SHO रणबीर सिंह ने बताया कि पुलिस ने शिकायत पर मर्डर का मामला दर्ज किया है। पुलिस इन्वेस्टिगेशन कर रही है। शुरुआती जांच से लग रहा है किसी रंजिश या कहासुनी में कुलदीप का मर्डर किया गया है। पुलिस ने डॉक्टरों के पैनल से पोस्टमॉर्टम करवाकर शव परिजनों को सौंप दिया। घटनास्थल के आसपास सीसीटीवी फुटेज भी चेक कर रही है। दो बच्चों का पिता था कुलदीप, परिवार में गम का माहौलभाई रामगोपाल उर्फ डिंपल ने बताया कि कुलदीप शादीशुदा था। उसकी पत्नी का नाम रीना है। करीब 15 साल पहले दोनों की शादी हुई थी। दोनों के 2 बेटे है है, जिनमें आयुष 12 साल और 7 साल का अक्षय है। करीब 12 साल से कुलदीप इसी फैक्ट्री में काम कर रहा था। उसकी मौत से परिवार में गम का माहौल है।------------------ ये खबर भी पढ़ें…हिसार के होटल में व्यापारी का मर्डर, गर्लफ्रेंड फरार:दोनों शादीशुदा, परिवार ने अंतिम संस्कार से किया इनकार; 3 बेटियों का पिता था हरियाणा के हिसार के होटल में व्यापारी का शव मिला है। वह अपनी गर्लफ्रेंड के साथ एक दिन पहले यहां आया था। दोनों होटल के कमरा नंबर 203 में ठहरे थे। कुछ घंटों बाद जब होटल कर्मी कुछ पूछने के लिए उनके कमरे का दरवाजा खटखटाता है तो कोई आवाज नहीं आती। (पूरी खबर पढ़ें)
चंडीगढ़ में इंडियन बैंक से ठगी केस बंद:CBI जांच में सबूत नहीं मिले; कंपनी और निदेशकों को राहत
चंडीगढ़ सेक्टर-8 स्थित इंडियन बैंक से 22.50 करोड़ रुपए की कथित ठगी के मामले में सोलन की कंपनी दीपक कास्मो लिमिटेड को बड़ी राहत मिली है। सीबीआई की विशेष कोर्ट ने कंपनी के खिलाफ दायर क्लोजर रिपोर्ट को मंजूर कर लिया है। इसके साथ ही कंपनी और उसके निदेशकों को क्लीनचिट मिल गई है। सीबीआई जांच में सामने आया कि कंपनी ने बैंक का कर्ज चुका दिया था। बैंक और कंपनी के बीच 21.40 करोड़ रुपए में फुल एंड फाइनल सेटलमेंट भी हो गया था। जांच के दौरान ठगी के पर्याप्त सबूत नहीं मिलने पर सीबीआई ने एफआईआर खत्म करते हुए कोर्ट में क्लोजर रिपोर्ट दाखिल की थी, जिसे कोर्ट ने स्वीकार कर लिया। कोर्ट ने निदेशकों को दी राहत इस मामले में कंपनी के निदेशक राजीव पांडेय, मुनीष दीवान और सार्थक गर्ग भी आरोपी थे। कोर्ट के फैसले के बाद उन्हें भी राहत मिल गई है। पिछले साल सीबीआई दिल्ली की स्पेशल टास्क ब्रांच ने कंपनी और उससे जुड़े लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया था। शिकायत के अनुसार कंपनी के निदेशकों पर बैंक से साजिश कर करोड़ों रुपए का लोन लेने और बाद में भुगतान बंद करने का आरोप था। अप्रैल 2024 तक बैंक को 22.50 करोड़ रुपए का नुकसान होने की बात कही गई थी। इसके बाद बैंक ने सीबीआई में शिकायत दी थी। जांच के दौरान यह भी सामने आया कि कंपनी ने लोन से खरीदी गई मशीनरी और उसकी बिक्री की जानकारी बैंक को पहले ही दे दी थी। कर्ज चुकाने और समझौते के बाद सीबीआई को आपराधिक साजिश के ठोस सबूत नहीं मिले, जिसके चलते केस बंद कर दिया गया।
रायपुर के देवपुरी स्थित गोदड़ीवाला धाम में 12 फरवरी को संत बाबा गेलाराम साहेब के जन्मोत्सव पर 5 जोड़ों का निशुल्क सिंधी सामूहिक विवाह, 60 बटुकों का जनेऊ संस्कार और एक बालक का मुंडन संस्कार हुआ। यह कार्यक्रम पूज्य गोदड़ीवाला धाम, छत्तीसगढ़ जनरल सिंधी प्रदेश पंचायत के संयुक्त तत्वावधान में संत बाबा हरदासराम साहेब और संत बाबा गेलाराम साहेब के आशीर्वाद, महंत अम्मा मीरा देवी के सानिध्य में आयोजित हुआ। संत साईं युधिष्ठिर लाल और संत महामंडलेश्वर स्वामी अनंतानंदगिरी विशेष रूप से उपस्थित रहे। समारोह का मुख्य आकर्षण 5 दूल्हों की विंटेज कार में निकली शाही बारात रही, जिसे देखने बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचे। वैदिक मंत्रोच्चार के बीच विवाह व संस्कार विधियां संपन्न कराई गईं। समाज की ओर से नवविवाहित जोड़ों को नवजीवन की शुरुआत के लिए 100 उपहार भेंट किए गए। नवदंपतियों को मिले 100 उपहार, अन्न वितरण और स्वास्थ्य सेवा उपहारों में सोने का मंगलसूत्र, चांदी की पायल, बिछिया, कान के टॉप्स, नाक की फुल्ली सहित एलईडी टीवी, फ्रिज, वॉशिंग मशीन, चूल्हा, इंडक्शन, सिलाई मशीन, स्टील अलमारी, 101 पीस स्टील बर्तन सेट, कूलर, पंखे, डिनर सेट व अन्य घरेलू सामान शामिल रहे। दोपहर 2 बजे संतों की उपस्थिति में जन्मोत्सव के अवसर पर केक काटा गया और गोदड़ी धाम की ओर से अन्न वितरण किया गया। डॉ. श्वेता बठेजा ने निशुल्क होम्योपैथिक स्वास्थ्य सेवा प्रदान की। दिनभर चला सत्संग-भजन, कई गणमान्य नागरिक रहे मौजूद पूरे दिन धाम में सेवा, सत्संग, सिमरन, भजन-कीर्तन और भंडारा साहेब चलता रहा। विनोद चावला और कमल भगत ने भजनों की प्रस्तुति दी। प्रथम सिंधु महाकुंभ लेह-लद्दाख सिंधु दर्शन के पंजीयन ब्रोशर का लोकार्पण किया गया। आयोजन में इंदर सचदेव, अमर गिदवानी, सतीश थौरानी, पवन प्रीतवानी, हीरा माखीजा सहित अनेक समाजसेवियों ने सेवा दी। नवविवाहित जोड़ों और बटुकों को आशीर्वाद देने श्रीचंद सुंदरानी, आनंद कुकरेजा, महेश दर्यानी, किशोर आहूजा, रमेश ठाकुर, संजय श्रीवास्तव, केदारनाथ गुप्ता, अकबर अली, सचिन मेघानी, अनामिका सिंह, स्वापनिल मिश्रा सहित कई गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।
हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने आम आदमी पार्टी (AAP) की एक विधायक द्वारा लगाए गए “MLA खरीदने” के आरोपों को सिरे से खारिज करते हुए तीखी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि जिस विधायक ने उन पर आरोप लगाया है, वे उसे व्यक्तिगत रूप से जानते तक नहीं हैं। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि यह आरोप पूरी तरह बेबुनियाद, निराधार और राजनीतिक द्वेष से प्रेरित हैं। उन्होंने कहा कि लोकतांत्रिक व्यवस्था में इस तरह के आरोप लगाना बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है। मुख्यमंत्री ने कहा कि पंजाब की जनता सब देख और समझ रही है तथा आने वाले समय में ऐसे आरोपों का जवाब जनता खुद देगी। पार्टी की कार्यप्रणाली पूरी तरह पारदर्शी सीएम सैनी ने कहा कि भाजपा साफ-सुथरी राजनीति में विश्वास करती है और पार्टी की कार्यप्रणाली पूरी तरह पारदर्शी है। उन्होंने कहा कि विरोधी दल जब जनता के बीच अपनी जमीन खोने लगते हैं तो इस प्रकार के आरोपों का सहारा लेते हैं। जनता को गुमराह कर रहे उन्होंने आरोप लगाया कि आम आदमी पार्टी और कांग्रेस दोनों ही जनता को गुमराह करने की राजनीति कर रही हैं, लेकिन अब जनता उनके बहकावे में नहीं आने वाली।
पलवल के कैंप थाना क्षेत्र में एक विधवा महिला से 2.28 लाख रुपए की धोखाधड़ी का मामला सामने आया है। बैंक में पैसे जमा कराने के नाम पर एक एजेंट ने महिला से यह राशि हड़प ली और बदले में एक चेक थमा दिया, जो बैंक से बाउंस हो गया। पुलिस ने धोखाधड़ी और साजिश का मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। कैंप थाना प्रभारी कृष्ण गोपाल के अनुसार, लालवां गांव निवासी संगीता ने पुलिस को शिकायत दी है। संगीता ने बताया कि उन्होंने अपने बच्चों के भविष्य के लिए यूनियन बैंक, आगरा चौक शाखा में पैसे जमा करने की योजना बनाई थी। बैंक में भीड़ होने के कारण आल्हापुर गांव निवासी प्रवीण, जो वहां एजेंट के रूप में काम करता था, ने उनकी मदद करने का आश्वासन दिया। संगीता के मुताबिक, उन्होंने अलग-अलग तारीखों पर प्रवीण को कुल 2 लाख 28 हजार रुपए दिए। प्रवीण ने पैसे जमा करने के बदले संगीता को 2.28 लाख रुपए का एक चेक दिया। बैंक मैनेजर पर मिलीभगत में शामिल होने का आरोप जब संगीता ने यह चेक अपने खाते में जमा किया, तो आरोपी के खाते में पर्याप्त धनराशि न होने के कारण वह बाउंस हो गया। पीड़िता संगीता का आरोप है कि प्रवीण ने यूनियन बैंक के तत्कालीन मैनेजर के साथ मिलीभगत कर इस धोखाधड़ी को अंजाम दिया है। पुलिस अधीक्षक कार्यालय में शिकायत दर्ज होने के बाद कैंप थाना पुलिस ने इस मामले में कार्रवाई शुरू कर दी है। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ संबंधित धाराओं में केस दर्ज कर जांच आरंभ कर दी है। पुलिस का कहना है कि जल्द ही आरोपी को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
छत्तीसगढ़ के बीजापुर जिले में सुरक्षा बलों ने नक्सलियों की एक बड़ी साजिश को नाकाम कर दिया है। आवापल्ली-मुरदंडा स्टेट हाईवे पर सड़क के नीचे प्लांट किया गया लगभग 25 से 30 किलोग्राम वजनी शक्तिशाली कमांड आईईडी बरामद किया गया, जिसे बाद में नियंत्रित विस्फोट से नष्ट कर दिया गया। जानकारी के मुताबिक, 170वीं और 196वीं बटालियन के जवान नियमित एरिया डोमिनेशन और सर्चिंग अभियान पर थे। इसी दौरान, आवापल्ली-मुरदंडा मार्ग पर सड़क के नीचे संदिग्ध संकेत मिले। गहन जांच में पता चला कि एक प्लास्टिक कंटेनर में विस्फोटक भरकर सड़क की सतह से करीब 2 फीट नीचे दबाया गया था, जिसका निचला हिस्सा लगभग 5 फीट गहराई तक था। सुरक्षा कारणों को देखते हुए, जेसीबी और पोकलेन मशीन की सहायता से सड़क की खुदाई कर आईईडी को बाहर निकाला गया। बम निरोधक दस्ते ने पूरी सावधानी के साथ नियंत्रित विस्फोट (Controlled Blast) के माध्यम से इसे निष्क्रिय कर दिया। सुरक्षाबलों को टारगेट करने प्लांट किया था आईईडी सुरक्षा एजेंसियों के अनुसार, नक्सलियों ने लंबे समय बाद किसी प्रमुख मार्ग को निशाना बनाते हुए इस तरह का भारी कमांड आईईडी प्लांट किया था। आवापल्ली-मुरदंडा मार्ग सुरक्षा बलों की आवाजाही के लिए एक महत्वपूर्ण रूट है। आशंका है कि सुरक्षाबलों के मूवमेंट को नुकसान पहुंचाने के इरादे से यह विस्फोटक लगाया गया था। बीजापुर क्षेत्र में डीआरजी, सीआरपीएफ, कोबरा और एसटीएफ द्वारा चलाए जा रहे लगातार अभियानों के कारण नक्सली दबाव में हैं। सुरक्षा एजेंसियों का मानना है कि इसी बौखलाहट में वे किसी बड़ी वारदात को अंजाम देने की कोशिश कर रहे थे, जिसे जवानों की सतर्कता ने विफल कर दिया। सूत्रों के अनुसार, इलाके में सर्चिंग अभियान और तेज कर दिया गया है।
बैतूल बाजार पुलिस ने 1.93 करोड़ रुपये की ऑनलाइन धोखाधड़ी के एक बड़े मामले में फरार आरोपी को गिरफ्तार किया है। आरोपी मिलन राठौर को कोथलकुंड से पकड़ा गया है, जिस पर 10 हजार रुपये का इनाम घोषित था। यह मामला पिछले साल फरवरी 2025 में दर्ज किया गया था। फरियादी कुलदीप राठौर ने शिकायत की थी कि मिलन राठौर, पंकज उर्फ ज्ञानप्रकाश साहू और देवकृष्ण साहू ने रोबोट्रेड एप्लीकेशन के माध्यम से ऑनलाइन निवेश के नाम पर उनसे 1.93 करोड़ रुपये की ठगी की। शिकायत के आधार पर, थाना बैतूल बाजार में अपराध क्रमांक 59/25 के तहत भारतीय दंड संहिता की धारा 420, 409, 467, 471 और सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम की धारा 66(D) के तहत मामला दर्ज किया गया था। मुख्य आरोपी मिलन राठौर घटना के बाद से फरार चल रहा था। उसकी अग्रिम जमानत याचिका सुप्रीम कोर्ट तक से खारिज हो चुकी थी, फिर भी वह लगातार छिपा हुआ था। पुलिस टीम ने तकनीकी और गोपनीय जानकारी का उपयोग करते हुए 9 फरवरी 2026 को उसे कोथलकुंड से गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तारी के बाद, आरोपी को न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे दो दिन के पुलिस रिमांड पर लिया गया। रिमांड अवधि समाप्त होने पर, उसे जिला जेल बैतूल भेज दिया गया है। इस कार्रवाई में थाना प्रभारी अंजना धुर्वे, उपनिरीक्षक उत्तम मस्तकार, रश्मि ठाकुर, संतोष सिंह नागवे, सउनि संजय कलम, प्रधान आरक्षक अशोक झरबड़े, अजय बरबड़े, कमल चौरे, कमल पंवार, भूपेन्द्र पटेल और चालक सुखराम पंवार की टीम ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। पुलिस अधीक्षक वीरेंद्र जैन ने बताया कि जिले में साइबर ठगी और ऑनलाइन निवेश से जुड़े मामलों में त्वरित कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने जनता से अपील की है कि वे किसी भी अज्ञात ऑनलाइन निवेश या अधिक लाभ के लालच में न आएं और संदिग्ध गतिविधियों की सूचना तुरंत पुलिस को दें।
रतलाम रेलवे स्टेशन पर बुधवार रात हिंदू जागरण मंच के कार्यकर्ताओं ने केरल संपर्क क्रांति एक्सप्रेस से एक प्रेमी जोड़े को पकड़ा है। इसमें लड़का मेरठ का रहने वाला मुस्लिम है और लड़की मिजोरम की निवासी है। संगठन ने युवक पर लड़की को बहला-फुसलाकर ले जाने का आरोप लगाया है। जीआरपी ने दोनों को ट्रेन से उतारकर पूछताछ की। फिलहाल लड़का जीआरपी की हिरासत में है और लड़की को वन स्टॉप सेंटर भेजा गया है। पूरी घटना बुधवार रात की है। दोनों कोटा से ट्रेन के एसी कोच बी-3 (B-3) में सवार हुए थे और मुंबई घूमने जा रहे थे। ट्रेन के रतलाम आने पर हिंदू जागरण मंच की सूचना पर जीआरपी और आरपीएफ ने उन्हें ट्रेन से उतार लिया। रात में ही दोनों को जीआरपी थाने लाया गया। हिंदू जागरण मंच ने जीआरपी को सौंपा हिंदू जागरण मंच के जिला सहसंयोजक विजय राय यादव ने बताया कि बुधवार रात सूचना मिलने पर जीआरपी को जानकारी दी गई। उन्हीं के साथ स्टेशन पहुंचकर लड़का-लड़की को ट्रेन से उतारकर जीआरपी के सुपूर्द किया है। इस दौरान जिला कार्यकारिणी सदस्य अभिषेक उपाध्याय, सिद्धार्थ पंड्या, नगर संयोजक नंदकिशोर मीणा, सह संयोजक राहुल परमार, योगेश चौहान, यतीन्द्र उपाध्याय, अक्षय वर्मा, निरंजन, कृष आदि जीआरपी थाने पर मौजूद रहे। लड़की के परिजन बोले- हमारा दामाद है रात में ही पुलिस ने लड़की से पूछताछ कर उसके परिजनों को सूचना दी। लड़की मिजोरम की रहने वाली है और परिवार के साथ दिल्ली में रहती है। सूचना मिलने पर लड़की के परिवार वाले गुरुवार को रतलाम पहुंचे। उन्होंने जीआरपी को बताया कि उन्हें सब पता है और दोनों की शादी होने वाली है। परिजनों ने लड़के को अपना दामाद बताया है। बालिग होने में 10 दिन कम, CWC लेगी फैसला जीआरपी थाना प्रभारी मोतीराम चौधरी ने बताया कि दोनों से पूछताछ में सामने आया है कि वह शादी करने वाले हैं। इनके घरवालों को भी सब पता है। वह घूमने के लिए मुंबई जा रहे थे। चूंकि लड़की के बालिग होने में 10 दिन कम है, इस कारण रात में उसे वन स्टॉप सेंटर भेज दिया गया। बाल कल्याण समिति (CWC) को इस बारे में जानकारी दी है। अब लड़की को लेकर बाल कल्याण समिति ही फैसला लेगी।
नाबालिग बेटी से दुष्कर्म के दोषी पिता को उम्रकैद:सोनभद्र में कोर्ट ने डेढ़ लाख का लगाया जुर्माना
सोनभद्र में नाबालिग बेटी से दुष्कर्म के मामले में अपर सत्र न्यायाधीश/विशेष न्यायाधीश पॉक्सो एक्ट अमित वीर सिंह की अदालत ने गुरुवार को दोषी पिता को कठोर आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। यह कारावास उसके शेष प्राकृतिक जीवनकाल तक रहेगा। अदालत ने दोषी पर डेढ़ लाख रुपये का अर्थदंड भी लगाया है। अदालत ने आदेश दिया कि अर्थदंड अदा न करने पर दोषी को छह माह की अतिरिक्त कैद भुगतनी होगी। लगाए गए अर्थदंड की धनराशि में से एक लाख बीस हजार रुपये पीड़िता को दिए जाएंगे। अभियोजन पक्ष के अनुसार, यह मामला करीब 11 माह पुराना है। पीड़िता के मामा ने 27 अक्टूबर 2025 को चोपन थाने में तहरीर दी थी। उन्होंने बताया था कि उनकी 15 वर्षीय भांजी के साथ चोपन थाना क्षेत्र के एक गांव निवासी उसके सगे पिता रमेश सहानी ने अप्रैल 2025 में शारीरिक संबंध बनाए थे। इस घटना के कारण पीड़िता गर्भवती हो गई थी और उसके पेट में करीब सात माह का बच्चा पल रहा था। इस तहरीर के आधार पर चोपन पुलिस ने पिता के विरुद्ध दुष्कर्म और पॉक्सो एक्ट के तहत प्राथमिकी दर्ज कर मामले की जांच शुरू की थी। विवेचना के दौरान पर्याप्त सबूत मिलने पर विवेचक ने न्यायालय में आरोप पत्र दाखिल किया था। न्यायालय ने 7 जनवरी 2026 को आरोप तय किए थे। मामले की सुनवाई करते हुए अदालत ने दोनों पक्षों के अधिवक्ताओं के तर्कों को सुना। इसके साथ ही नौ गवाहों के बयान और पत्रावली का अवलोकन किया। महज 36 दिनों में अदालत ने 33 वर्षीय दोषी पिता को पॉक्सो एक्ट में कठोर उम्रकैद की सजा सुनाई। अभियोजन पक्ष की ओर से सरकारी वकील दिनेश प्रसाद अग्रहरि, सत्यप्रकाश त्रिपाठी और नीरज कुमार सिंह ने पैरवी की।
टोंक में किसान नेता राजेश पायलट की 80वीं जयंती पर 3 दिन चले कैंप में 1500 दिव्यांग लाभान्वित हुए। टोंक की अग्रवाल धर्मशाला में तीन दिवसीय कैंप का गुरुवार को आखिरी दिन था। विधायक सचिन पायलट और श्रीभगवान महावीर दिव्यांग समिति की मदद से कैंप का आयोजन किया गया था। जानकारी के अनुसार तीन दिन में 1500 दिव्यांगों को कृत्रिम अंग और सहायक सामग्री बांटी गई। इनमें कृत्रिम अंग, कैलिपर, बैसाखी, व्हीलचेयर, ट्राई साइकिल, छड़ी, सुनने की मशीन, ग्लूकोमीटर,शिविर में बीपी और मधुमेह रोगियों का निशुल्क रजिस्ट्रेशन और जांच की गई। जिला कांग्रेस कमेटी अध्यक्ष सऊद सईदी ने सचिन पायलट और डॉ. डी.आर मेहता का धन्यवाद देते हुए कहा कि संसार में दिव्यांगों की सेवा अपने आप में एक सुखद अनुभव है। प्रत्येक मानव को जीवन में लोगों की सेवा करना चाहिए । इस अवसर पर डॉक्टर सुमित गर्ग ने कहा- इस अनूठी पहल से दिव्यांगों को बड़ा लाभ मिला है। भविष्य में भी इस प्रकार के कार्यक्रम जन सेवा के आयोजित किए जाने चाहिए। कैंप के साथियों और यूनिट का मोमेंटो देकर धन्यवाद दिया । इस मौके पर कांग्रेस नेता दिनेश चौरसिया, कैलाशी देवी मीणा, सीपी श्रीवास्तव, हंसराज फागणा, वसीद नूर, सलीमुद्दीन खान, महमूद शाह, राहुल सैनी, शैलेंद्र शर्मा, इम्तियाज़ खान, धर्मेंद्र सालोदिया, कमलेश चावला, इमरान पहलवान फोजू राम मीणा कमलेश चावला, मूलचंद बैरवा, युसूफ यूनिवर्सल , राशिद इंटक नवीन बैरवा, मनिंदर बैरवा आदि मौजूद थे। कार्यक्रम में जिला कांग्रेस कमेटी अध्यक्ष सऊद सईदी, जमील सईदी, टोंक विधानसभा प्रभारी डॉ सुमित गर्ग, निवर्तमान जिला अध्यक्ष हरिप्रसाद बैरवा शामिल रहे।

