शिवपुरी जिले के दिनारा स्थित एक निजी कॉलेज में शुक्रवार को बी-फार्मा की परीक्षा देने गए छात्र का शव फंदे पर लटका मिला है। मृतक 25 वर्षीय संजू राजा परमार मूल रूप से दतिया जिले के नौनेर क्षेत्र का रहने वाला था। पुलिस ने परिजनों की सूचना पर देर रात कॉलेज के निर्माणाधीन भवन से शव बरामद किया। परिजनों ने कॉलेज में ही कुछ लोगों से विवाद होने का आरोप लगाया है, जबकि पुलिस पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार कर रही है। दतिया जिले के ग्राम काम्हर (पोस्ट नौनेर) निवासी हिरेंद्र सिंह परमार का बेटा संजू राजा परमार शुक्रवार सुबह परीक्षा देने शिवपुरी गया था। वह दिनारा स्थित प्रीति ग्लोबल यूनिवर्सिटी (लक्ष्मण सेठ कॉलेज) में बी-फार्मा आठवें सेमेस्टर का छात्र था। परिजनों के अनुसार, जब संजू परीक्षा देने के बाद देर रात तक वापस नहीं लौटा, तो उन्हें चिंता हुई और उसकी तलाश शुरू की गई। इसके बाद परिवार के लोग दिनारा थाना पुलिस को लेकर कॉलेज परिसर पहुंचे और वहां सघन खोजबीन की गई। लकड़ी की सीढ़ी के सहारे लटका मिला शवदेर रात कॉलेज परिसर में तलाशी के दौरान पुलिस और परिजनों को नए निर्माणाधीन भवन की छत पर संजू का शव मिला। उसका शव वहां रखी एक लकड़ी की सीढ़ी के सहारे फंदे से लटक रहा था। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस ने तत्काल मौके पर पहुंचकर शव को फंदे से उतारा और उसे अपने कब्जे में ले लिया। पुलिस ने घटनास्थल का मुआयना करने के बाद जांच शुरू कर दी है। परिजनों का विवाद का आरोप, कॉलेज स्टाफ का दावा अलगछात्र की मौत के बाद परिजनों ने आरोप लगाया है कि संजू का कॉलेज में ही कुछ लोगों के साथ विवाद हुआ था, जिसके चलते यह घटना हुई। दूसरी तरफ, कॉलेज स्टाफ ने पुलिस को बताया है कि संजू दोपहर करीब 12 बजे परीक्षा खत्म होने के बाद कॉलेज से घर के लिए निकल गया था। कॉलेज प्रबंधन के इस दावे से कई सवाल खड़े हो गए हैं कि अगर छात्र दोपहर में ही निकल गया था, तो रात में उसका शव परिसर में ही कैसे मिला। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले के सभी पहलुओं की बारीकी से जांच की जा रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत का सही कारण स्पष्ट हो सकेगा।
सोनभद्र के चोपन थाना क्षेत्र में शनिवार तड़के छात्रा का शव घर के बाहर टीन शेड के नीचे लोहे के पाइप से नायलॉन की रस्सी के सहारे लटका मिला। घटना की जानकारी मिलते ही परिजनों ने रस्सी काटकर शव को नीचे उतारा और पुलिस को सूचना दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम के लिए जिला अस्पताल भेज दिया। पुलिस मामले की जांच कर रही है। पिता ने बताया कि प्रियंका ने इस वर्ष कक्षा आठवीं उत्तीर्ण की थी। उन्होंने बताया कि परिवार में किसी प्रकार का विवाद नहीं था और यह स्पष्ट नहीं हो पा रहा है कि छात्रा ने ऐसा कदम क्यों उठाया। देखें 2 तस्वीरें… परिजनों ने पुलिस को दी सूचना यह मामला कोटा ग्राम पंचायत के नवटोलिया टोला का है। परिजनों और ग्रामीणों ने शनिवार सुबह करीब 4:30 बजे मनोज केवट की बेटी प्रियंका कुमारी (14) का शव घर के बाहर दरवाजे पर बने टीन शेड के नीचे फंदे से लटका देखा। इसके बाद डायल-112 और चोपन पुलिस को सूचना दी गई। मनोज केवट ने बताया कि शुक्रवार रात परिवार के सभी सदस्य भोजन करने के बाद घर के अंदर सोए हुए थे। परिवार में पत्नी किरन देवी, पुत्र विनय कुमार (20), आनंद कुमार (12), पुत्री मधु कुमारी (16) और मृतका प्रियंका मौजूद थीं। उन्होंने बताया कि रात करीब 3 बजे उनकी नींद खुली थी, तब सब कुछ सामान्य था। इसके बाद दोबारा नींद लग गई। सुबह करीब 4:30 बजे पड़ोसियों के शोर मचाने पर जानकारी हुई कि उनकी बेटी फंदे से लटकी हुई है। घटनास्थल पर प्रधान भी पहुंचे परिजनों ने तत्काल रस्सी काटकर उसे नीचे उतारा, लेकिन तब तक उसकी मौत हो चुकी थी। घटना के बाद परिवार में कोहराम मच गया। घटना की सूचना मिलने पर प्रधान प्रहलाद चेरो भी मौके पर पहुंचे और परिजनों को सांत्वना दी। वहीं सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम के लिए जिला अस्पताल भेज दिया। उपनिरीक्षक विनोद यादव पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे और आवश्यक विधिक कार्रवाई की। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
शाजापुर जिले के लालघाटी थाना क्षेत्र में लखुंदर नदी से एक युवक लापता हो गया है। 45 वर्षीय उमराव सिंह केवट शुक्रवार सुबह मछली पकड़ने गए थे, जिसके बाद नदी किनारे उनके कपड़े, चप्पल और साइकिल मिली। उमराव सिंह भोईवाड़ा के निवासी हैं। परिजनों के अनुसार, उमराव सिंह शुक्रवार सुबह जादमी क्षेत्र के पास लखुंदर नदी में मछली पकड़ने गए थे। शाम तक घर नहीं लौटने पर परिजनों ने उनकी तलाश शुरू की। इस दौरान नदी किनारे उनकी साइकिल, कपड़े और चप्पल मिले, जिसके बाद लालघाटी पुलिस को सूचना दी गई। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और प्रारंभिक स्तर पर खोजबीन शुरू की। हालांकि, अंधेरा होने के कारण बड़े पैमाने पर तलाशी अभियान नहीं चलाया जा सका। शनिवार सुबह से एसडीआरएफ और लालघाटी पुलिस की संयुक्त टीम द्वारा नदी में सघन सर्च ऑपरेशन चलाया जा रहा है। गोताखोरों की मदद से भी युवक की तलाश की जा रही है। थाना प्रभारी अर्जुन सिंह मुजाल्दे ने बताया कि सुबह से ही नदी में लगातार सर्च ऑपरेशन जारी है और टीम हर संभव प्रयास कर रही है। हालांकि, अभी तक युवक का कोई सुराग नहीं मिल पाया है। पुलिस ने पुष्टि की है कि खोज अभियान लगातार जारी रहेगा।
बाड़मेर जिले में बीते दिनों आई आंधी-तूफान से क्षतिग्रस्त हुए लाइट तंत्र से प्रभावित लाइट सप्लाई की बहाली के लिए डिस्कॉम की ओर से युद्धस्तर पर कार्य किया जा रहा हैं। बीते चार दिन में 910 क्षतिग्रस्त पोल बदलकर 184 गांवों की लाइट सप्लाई को बहाल कर दिया गया हैं। अभी भी 21 गांवों में लाइट गुल है। जिले के विस्तृत क्षेत्रफल को देखते हुए संविदाकार की टीमें बढ़ाते हुए 40 से 56 कर दी गई हैं जिससे कार्य में गति आई हैं। वहीं निगम कार्मिक दिन-रात लाइट सप्लाई बहाली में जुटे हुए हैं। अधीक्षण अभियंता (SE) अशोक कुमार मीना ने बताया- जिले में आंधी-तुफान के कारण प्रभावित हुए 4625 पोलों में से बीती रात तक 950 पोल बदल दिए गए हैं। वहीं, 205 गांवों में से 184 गांवों की लाइट सप्लाई बहाल कर दी गई हैं। अधीक्षण अभियंता ने बताया कि फील्ड में पर्याप्त मात्रा लाइट पोलों की उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए जोधपुर डिस्काम के प्रबंध निदेशक डॉ. बी.एल. डेलू की ओर से 1667 पोल देने के लिए विभिन्न फर्माे को आदेश जारी किए गए हैं। अधीक्षण अभियंता ने नई आवंटित फर्माे से संपर्क करके अतिशीघ्र संबंधित क्षेत्रों में लाइट पोल पहुंचाने को कहा गया है। साथ ही अधिकारियों को फर्माे से समन्वय कर लाइट पोल लेकर लाइट सप्लाई जल्द बहाल करवाने के निर्देश दिए है।
गोंडा में सपा नेताओं को नजरबंद किया गया:सीएम योगी को ज्ञापन देने के ऐलान के बाद हाउस अरेस्ट
गोंडा में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के दौरे से पहले जिले में समाजवादी पार्टी के कई नेताओं को पुलिस ने उनके घरों में नजरबंद कर दिया। इनमें सपा जिलाध्यक्ष Arshad Hussain समेत कई प्रमुख नेता शामिल हैं। जानकारी के अनुसार, सपा जिलाध्यक्ष अरशद हुसैन को देहात कोतवाली पुलिस ने खोरहंसा स्थित उनके आवास पर ही रोक दिया। उनके अलावा सपा नेता दिनेश यादव, अजय गौतम और अन्य कार्यकर्ताओं को भी घरों से बाहर निकलने की अनुमति नहीं दी गई। वहीं गौरा विधानसभा क्षेत्र से पूर्व सपा प्रत्याशी और पूर्व दर्जा प्राप्त राज्य मंत्री Sanjay Vidyarthi को भी खोडारे थाना पुलिस ने देर रात से उनके आवास पर ही नजरबंद रखा। सपा नेताओं ने मुख्यमंत्री के कार्यक्रम में पहुंचकर पेपर लीक, महंगाई, किसानों और युवाओं से जुड़े मुद्दों पर ज्ञापन सौंपने की घोषणा की थी। इसी के बाद पुलिस की ओर से यह कार्रवाई की गई। सपा जिलाध्यक्ष अरशद हुसैन ने आरोप लगाया कि सरकार विपक्ष की आवाज दबाने के लिए पुलिस का इस्तेमाल कर रही है। उनका कहना है कि वे लोकतांत्रिक तरीके से अपनी मांगों को मुख्यमंत्री तक पहुंचाना चाहते थे, लेकिन उन्हें रात से ही घर में रोक दिया गया। पूर्व राज्य मंत्री संजय विद्यार्थी ने भी सरकार पर युवाओं, गरीबों और आम लोगों की समस्याओं को नजरअंदाज करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि पेपर लीक जैसे गंभीर मुद्दों पर सरकार जवाब देने के बजाय विपक्ष की आवाज दबाने का प्रयास कर रही है। सपा नेता दिनेश यादव ने कहा कि किसान और युवा लगातार समस्याओं का सामना कर रहे हैं, लेकिन उनकी बात उठाने वाले नेताओं को ही घरों में नजरबंद किया जा रहा है। फिलहाल पुलिस प्रशासन की ओर से इस कार्रवाई को लेकर कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है। मुख्यमंत्री के कार्यक्रम को देखते हुए जिले में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है।
सलूंबर शहर के गांधी चौक पर शुक्रवार रात वंदे गंगा जल संरक्षण एवं जन-जन अभियान का जिला स्तरीय समापन समारोह आयोजित हुआ। पर्यावरण दिवस की पूर्व संध्या पर हुए इस कार्यक्रम में सांस्कृतिक प्रस्तुतियां और सम्मान समारोह हुआ। राज्यसभा सांसद चुन्नीलाल गरासिया मुख्य अतिथि रहे। अभियान के दौरान उत्कृष्ट कार्य करने वाले विभागों और संस्थाओं को 11 श्रेणियों में सम्मानित किया गया। जिला कलक्टर मोहम्मद जुनेद पी.पी. ने कार्यक्रम की अध्यक्षता की। 25 मई को हुई थी शुरुआत यह अभियान 25 मई 2024 को गंगा दशमी पर मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा द्वारा प्रदेशभर में शुरू किया गया था। सलूंबर जिले में इसकी शुरुआत सरणी नदी तट से हुई। 12 दिनों तक चले इस अभियान में जिले के शहरों और गांवों में जल संरक्षण, पर्यावरण संरक्षण और जल स्रोतों के पुनर्जीवन के लिए व्यापक जनजागरूकता गतिविधियां आयोजित की गईं। रात्रिकालीन जल चौपाल भी हुईं कई ग्राम पंचायतों में रात्रिकालीन जल चौपालों के माध्यम से ग्रामीणों को जल बचाने और प्राकृतिक संसाधनों के संरक्षण के लिए प्रेरित किया गया। विभिन्न विभागों ने श्रमदान, स्वच्छता अभियान, रैलियां, संगोष्ठियां और खेलकूद प्रतियोगिताएं आयोजित कीं। जल स्रोतों की सफाई और भूजल स्तर सुधार पर केंद्रित जनभागीदारी गतिविधियां पूरे जिले में संचालित हुईं। सलूंबर विधायक शांता अमृतलाल मीणा और पूर्व सांसद अर्जुनलाल मीणा सहित कई जनप्रतिनिधि विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। अतिरिक्त जिला कलक्टर डॉ. दिनेश राय सापेला, अतिरिक्त मुख्य कार्यकारी अधिकारी दिनेश पाटीदार, उपखंड अधिकारी आकांक्षा दुबे सहित विभिन्न विभागों के जिला स्तरीय अधिकारी और बड़ी संख्या में नागरिक मौजूद रहे। कार्यक्रम का संचालन नरेश कुमार चाष्टा ने किया।
पानीपत की एक कॉलोनी में शातिर और दरिंदे किस्म के बदमाश ने घर में डेढ साल के बेटे संग सो रही 20 वर्षीय विवाहिता को हवस का शिकार बनाने के लिए दुस्साहस की सारी हदें पार कर दीं। बदमाश दबे पांव घर में घुसा और चिल्लाने से रोकने के लिए सो रही महिला के होंठों पर भारी मात्रा में एल्फी डाल दी, जिससे उसके होंठ आपस में चिपक गए। इसके बाद आरोपी ने चाकू के बल पर रेप का प्रयास किया। महिला ने बहादुरी दिखाते हुए बदमाश को धक्का दिया और मासूम बच्चे को गोद में लेकर किसी तरह भागकर गली में पहुंची, जिसके बाद उसकी जान बच सकी। दोपहर में अकेला देख दबे पांव घर में दाखिल हुआ बदमाश पुलिस को दी गई शिकायत में 20 वर्षीय पीड़िता ने बताया कि वह पानीपत की एक कॉलोनी में अपने परिवार के साथ रहती है। बीती 4 जून को उसके पति, देवर और सास रोजाना की तरह अपने-अपने काम पर गए हुए थे। वह घर पर अपने डेढ़ साल के बेटे के साथ अकेली थी। दोपहर करीब 3 बजे वह काम निपटाकर अपने कमरे में बेटे के साथ सोई हुई थी। इसी दौरान सूना घर देखकर बाहर का मुख्य दरवाजा खोलकर एक अज्ञात युवक भीतर दाखिल हुआ। वह बेहद दबे पैर घर के अंदर और फिर सीधे महिला के कमरे में घुस गया। गहरी नींद में होने के कारण महिला को बदमाश के आने की भनक तक नहीं लग सकी। होंठ चिपकाए ताकि शोर न मचे, फिर कपड़े फाड़ने लगा दरिंदा कमरे में पहुंचते ही बदमाश ने एक बेहद खौफनाक और सोची-समझी साजिश को अंजाम दिया। उसने आते ही सो रही विवाहिता के होंठों पर ज्यादा मात्रा में एल्फी (चिपकाने वाला लिक्विड) डाल दी। एल्फी के प्रभाव से महिला के दोनों होंठ तुरंत और मजबूती से आपस में चिपक गए। इसके तुरंत बाद आरोपी ने महिला के कपड़े उतारने की कोशिश शुरू कर दी, जिससे महिला की अचानक आंख खुल गई। जैसे ही पीड़िता की आंख खुली, वह सामने अनजान मर्द को देखकर बुरी तरह डर गई। उसने आत्मरक्षार्थ शोर मचाना और चिल्लाना चाहा, लेकिन होंठ पूरी तरह चिपके होने के कारण उसके मुंह से आवाज ही नहीं निकल सकी। महिला को बेबसी में छटपटाते देख बदमाश ने तुरंत अपनी जेब से चाकू निकाल लिया और उसकी गर्दन पर अड़ा दिया। वह चाकू का खौफ दिखाकर महिला के साथ जबरन बलात्कार करने की कोशिश करने लगा। हिम्मत दिखाकर दिया धक्का, इशारों में पड़ोसियों को दी जानकारी इस भयानक परिस्थिति में भी महिला ने हिम्मत नहीं हारी। जब बदमाश जबरदस्ती करने लगा, तो महिला ने अपनी पूरी ताकत समेटकर बदमाश को जोरदार धक्का दिया, जिससे वह पीछे गिर गया। इसी बीच पलक झपकते ही महिला ने बेड पर सो रहे अपने डेढ साल के बेटे को गोद में उठाया और भागती हुई घर से बाहर गली की तरफ आ गई। गली में आकर वह बदहवास हालत में खड़ी हो गई। चूंकि वह बोल नहीं पा रही थी, इसलिए उसने रोते हुए पड़ोसियों को इशारों-इशारों में घर के अंदर बदमाश होने की जानकारी दी। जब तक पड़ोसी पूरी बात समझ पाते और घर की तरफ दौड़ते, तब तक पकड़े जाने के डर से शातिर बदमाश भी मौका पाकर वहां से फरार हो गया। थाना पुलिस ने पीड़िता की शिकायत पर अज्ञात बदमाश के खिलाफ घर में जबरन घुसने, जान से मारने की धमकी देने और दुष्कर्म के प्रयास सहित विभिन्न गंभीर धाराओं के तहत केस दर्ज कर लिया है।
गिरिडीह के सदर अस्पताल में इलाज के दौरान एक मरीज की मौत के बाद शुक्रवार रात को अस्पताल परिसर में हंगामा हो गया। मृतक के परिजनों ने ड्यूटी पर तैनात चिकित्सक पर इलाज में लापरवाही का आरोप लगाया। मृतक की पहचान नगर थाना क्षेत्र के न्यू बरगंडा निवासी सुनील कुमार के रूप में हुई है। परिजनों के अनुसार, शुक्रवार को अचानक तबीयत बिगड़ने पर उन्हें गिरिडीह सदर अस्पताल में भर्ती कराया गया था। अस्पताल पहुंचने के बाद उन्हें सामान्य वार्ड में रखा गया, जहां उनकी स्थिति लगातार बिगड़ती चली गई। मरीज को समय पर ऑक्सीजन नहीं दी गई: भाई मृतक के छोटे भाई पुनिल कुमार ने आरोप लगाया कि सांस लेने में परेशानी बढ़ने के बावजूद मरीज को समय पर ऑक्सीजन नहीं दी गई। उनका यह भी कहना है कि आईसीयू में बेड खाली होने के बावजूद सुनील कुमार को वहां शिफ्ट नहीं किया गया। परिजनों का आरोप है कि जब मरीज की हालत अधिक बिगड़ने लगी, तो ड्यूटी पर मौजूद चिकित्सक को इसकी सूचना दी गई और ऑक्सीजन की आवश्यकता बताई गई, लेकिन डॉक्टर वार्ड में नहीं पहुंचे। इसी दौरान मरीज की मौत हो गई। अस्पताल प्रबंधन ने नगर थाना पुलिस को सूचना दी मौत की खबर मिलते ही बड़ी संख्या में परिजन और स्थानीय लोग अस्पताल पहुंच गए और इलाज में लापरवाही का आरोप लगाते हुए हंगामा करने लगे। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए अस्पताल प्रबंधन ने नगर थाना पुलिस को सूचना दी। नगर थाना प्रभारी रतन कुमार सिंह पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे और लोगों को समझाकर मामला शांत कराया। इस मामले पर सिविल सर्जन बच्चा प्रसाद सिंह ने कहा कि सदर अस्पताल में ऑक्सीजन की कोई कमी नहीं है। उन्होंने आश्वासन दिया कि यदि परिजनों द्वारा लापरवाही का आरोप लगाया गया है, तो पूरे मामले की जांच कराई जाएगी। जांच में किसी भी चिकित्सक या कर्मी की लापरवाही सामने आने पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। नगर थाना प्रभारी रतन कुमार सिंह ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है तथा सभी पहलुओं की पड़ताल के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।
बांदा में अवैध खनिज परिवहन और ओवरलोडिंग पर प्रभावी नियंत्रण के लिए गठित टास्क फोर्स ने एक औचक जांच अभियान चलाया। जिलाधिकारी बांदा के निर्देश पर चलाए गए इस अभियान के दौरान कुल 403 वाहनों की जांच की गई, जिनमें से 23 वाहनों पर कार्रवाई की गई। जांच में 10 वाहन ऐसे पाए गए जिनमें वैध परिवहन प्रपत्र नहीं थे या उनमें अंकित मात्रा से अधिक उपखनिज लदा था। इनमें से 3 वाहनों को संबंधित थानों को सौंपा गया, जबकि 7 वाहनों का ऑनलाइन चालान किया गया। इस कार्रवाई के तहत 3.43 लाख रुपये का शमन शुल्क वसूला गया। इसके अतिरिक्त, अभियान के दौरान 13 वाहन बिना नंबर प्लेट के संचालित होते मिले। इनमें से 2 वाहनों का ऑनलाइन चालान किया गया और 11 वाहनों को संबंधित थानों की सुपुर्दगी में दिया गया। इन वाहनों से 13 हजार रुपये का शमन शुल्क वसूला गया। टास्क फोर्स ने जनपद में संचालित बालू/मोरम के एक स्वीकृत खनन पट्टे का भी निरीक्षण किया। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि अवैध खनन, ओवरलोडिंग और नियमों के उल्लंघन के खिलाफ यह अभियान आगे भी जारी रहेगा।
बादल छाए रहने से गर्मी से कुछ राहत, लेकिन दिन में 41 डिग्री तक पहुंच सकता है पारा बीकानेर। पिछले कुछ दिनों से आंधी, बारिश और तूफानी मौसम का सामना कर रहे बीकानेर में शनिवार सुबह मौसम साफ नजर आया। मौसम विभाग ने सुबह साढ़े पांच बजे येलो अलर्ट जारी करते हुए बारिश और मौसम में बदलाव की संभावना जताई थी, लेकिन सुबह से ही मौसम सामान्य बना हुआ है और बारिश नहीं हुई। आसमान में बादल, लेकिन बारिश के आसार कम शहर के आसमान में हल्के और बिखरे बादल नजर आ रहे हैं, लेकिन फिलहाल बारिश की कोई मजबूत संभावना दिखाई नहीं दे रही। मौसम विभाग ने बीकानेर संभाग के चारों जिलों—बीकानेर, श्रीगंगानगर, हनुमानगढ़ और चूरू—के लिए येलो अलर्ट जारी किया हुआ है। सीमावर्ती क्षेत्रों में ज्यादा मेहरबान रहे बादल पिछले तीन दिनों के दौरान बादल बीकानेर और श्रीगंगानगर के सीमावर्ती क्षेत्रों में अधिक सक्रिय रहे हैं। बीकानेर जिले के लूणकरणसर, महाजन और अरजनसर क्षेत्रों में बारिश दर्ज की गई, जबकि श्रीगंगानगर जिले के सूरतगढ़ क्षेत्र में भी अच्छी बारिश हुई। इन इलाकों में मौसम सुहावना होने से लोगों को भीषण गर्मी से राहत मिली। सुबह 9:30 बजे ही 35 डिग्री पहुंचा तापमान मौसम विभाग के अनुसार शनिवार को बीकानेर का अधिकतम तापमान 41 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच सकता है, जबकि न्यूनतम तापमान 29 डिग्री सेल्सियस रहने का अनुमान है। सुबह साढ़े नौ बजे ही तापमान 35 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया, जिससे दोपहर में गर्मी बढ़ने के संकेत मिल रहे हैं। अगले कुछ दिन रह सकता है मौसम में उतार-चढ़ाव मौसम विशेषज्ञों का मानना है कि पश्चिमी विक्षोभ और स्थानीय मौसमी गतिविधियों के कारण आगामी दिनों में मौसम में उतार-चढ़ाव बना रह सकता है। हालांकि फिलहाल बीकानेर शहर में बारिश की संभावना कमजोर नजर आ रही है, लेकिन संभाग के कुछ हिस्सों में हल्की बारिश और तेज हवाओं का दौर जारी रह सकता है।
पीलीभीत में एक महिला से कुंडल छीनकर भाग रहे दो बाइक सवार बदमाशों को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। यह घटना शहर के असम चौराहा फ्लाईओवर पर हुई। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से लूटे गए कुंडल और वारदात में इस्तेमाल की गई बाइक बरामद की है। जानकारी के अनुसार, गजरौला थाना क्षेत्र के ग्राम बंजरिया जमुनिया निवासी बबलू वर्मा अपनी पत्नी सरिता देवी के साथ शुक्रवार शाम करीब पौने छह बजे जहानाबाद स्थित ससुराल से अपने गांव लौट रहे थे। जब वे असम चौराहे के पास फ्लाईओवर पर पहुंचे, तो पीछे से आए दो बाइक सवार बदमाशों ने चलती बाइक पर सरिता देवी के कानों से कुंडल झपट लिए और फरार होने लगे। पीड़ित दंपत्ति द्वारा शोर मचाने और बदमाशों का पीछा करने पर पूरनपुर पुलिस चौकी पर तैनात पुलिसकर्मियों ने तत्परता दिखाते हुए घेराबंदी की। कुछ ही दूरी पर अलीगंज बाईपास चौराहे के पास दोनों बदमाशों को दबोच लिया गया। शहर की कोतवाली सुनगढ़ी पुलिस ने इस मामले में तत्काल प्राथमिकी (FIR) दर्ज की। गिरफ्तार किए गए आरोपियों की पहचान जगन्नाथ गंगवार (निवासी ग्राम बेला डांडी, थाना बरखेड़ा) और ओमप्रकाश गंगवार (निवासी ग्राम बड़हरा, थाना दियोरिया कला) के रूप में हुई है। सुनगढ़ी थाना अध्यक्ष नरेश त्यागी ने बताया कि बदमाशों के पास से महिला से लूटे गए दोनों कुंडल बरामद कर लिए गए हैं। पुलिस ने दोनों आरोपियों के खिलाफ संबंधित धाराओं में कानूनी कार्रवाई पूरी कर उन्हें न्यायालय में पेश किया, जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया है। मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई जारी है।
अधिवक्ताओं की हड़ताल 27वें दिन भी जारी:औरैया में सुंदरकांड पाठ कर प्रशासन को सद्बुद्धि की कामना
औरैया में राजस्व अधिवक्ता एसोसिएशन की हड़ताल 27वें दिन भी जारी रही। अपनी मांगों को लेकर आंदोलनरत अधिवक्ताओं ने तहसील परिसर में सामूहिक रूप से सुंदरकांड का पाठ किया और प्रशासन को सद्बुद्धि प्रदान करने की कामना की। एसोसिएशन के अध्यक्ष सुशील कुमार पांडेय ने बताया कि अधिवक्ता पिछले 26 दिनों से शांतिपूर्ण ढंग से आंदोलन कर रहे हैं, लेकिन प्रशासन उनकी मांगों के प्रति उदासीन बना हुआ है। उन्होंने स्पष्ट किया कि जब तक उनकी मांगें पूरी नहीं होतीं, तब तक यह आंदोलन जारी रहेगा। महामंत्री हरिभानु अवस्थी ने जानकारी दी कि प्रशासन की हठधर्मिता के विरोध में शनिवार को तहसील परिसर में एक विशाल महापंचायत आयोजित की जाएगी। इसमें जिले के सभी अधिवक्ता बड़ी संख्या में शामिल होंगे और आंदोलन की आगामी रणनीति पर विचार-विमर्श करेंगे। उन्होंने सभी अधिवक्ता साथियों से महापंचायत को सफल बनाने का आह्वान किया। सुंदरकांड पाठ के समापन पर, उपस्थित अधिवक्ताओं ने एकजुट होकर आगामी महापंचायत को ऐतिहासिक बनाने का संकल्प लिया। इस अवसर पर अरविंद तिवारी, धर्मवीर त्रिपाठी, ज्ञानेंद्र मोहन तिवारी, देवेश चतुर्वेदी, हिमांशु अवस्थी, देवेंद्र दुबे सहित बड़ी संख्या में अधिवक्ता मौजूद थे।
बिलासपुर शहर में 24 घंटे के भीतर दूसरी बड़ी आगजनी की घटना सामने आई है। बुधवारी बाजार में तीन दुकानों के जलने की घटना के बाद अब शनिचरी सब्जी मंडी में शुक्रवार आधी रात भीषण आग लग गई। आग इतनी तेजी से फैली कि देखते ही देखते करीब 14 से 15 दुकानें इसकी चपेट में आ गईं और जलकर खाक हो गईं। जानकारी के अनुसार, आग देर रात करीब 2 बजे लगी। शुरुआती तौर पर घटना के पीछे शॉर्ट सर्किट की आशंका जताई जा रही है। आग लगने के बाद मंडी क्षेत्र में अफरा-तफरी मच गई और स्थानीय लोगों ने तत्काल फायर ब्रिगेड को सूचना दी। लाखों रुपए के नुकसान की आशंका आग की चपेट में आने से सब्जी, किराना और अन्य सामान रखने वाली कई दुकानें पूरी तरह जल गईं। व्यापारियों के अनुसार आग से लाखों रुपए का नुकसान हुआ है। हालांकि नुकसान का वास्तविक आंकलन जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा। व्यापारियों ने लगाया लापरवाही का आरोप घटना के बाद व्यापारियों में नाराजगी देखी गई। उनका आरोप है कि मंडी में दुकानों के शटर और बिजली व्यवस्था में करंट आने की शिकायत पहले भी कई बार की गई थी, लेकिन जिम्मेदार विभागों द्वारा कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई। व्यापारियों का कहना है कि समय रहते समस्या का समाधान किया जाता तो इतनी बड़ी घटना टाली जा सकती थी। घंटों की मशक्कत के बाद बुझी आग सूचना मिलते ही फायर ब्रिगेड की टीम मौके पर पहुंची और आग बुझाने का अभियान शुरू किया। आग की तीव्रता को देखते हुए कई दमकल वाहनों को लगाया गया। घंटों की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया जा सका, जिससे आसपास की अन्य दुकानों को बचा लिया गया। जांच में जुटा प्रशासन घटना के बाद पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी भी मौके पर पहुंचे। आग लगने के कारणों की जांच की जा रही है। फिलहाल शॉर्ट सर्किट को संभावित कारण माना जा रहा है, लेकिन जांच रिपोर्ट आने के बाद ही वास्तविक वजह सामने आएगी। लगातार दो दिनों में हुई बड़ी आगजनी की घटनाओं ने शहर की बाजार व्यवस्थाओं और अग्नि सुरक्षा इंतजामों पर सवाल खड़े कर दिए हैं।
बाराबंकी के पूरेडलई क्षेत्र में जिलाधिकारी ईशान प्रताप सिंह ने लीची बाग का निरीक्षण किया। उन्होंने बागवानी फसलों के विस्तार, सहफसली खेती और किसान उत्पादक संगठन (एफपीओ) के माध्यम से किसानों की आय बढ़ाने पर जोर दिया। डीएम ईशान प्रताप सिंह ने लीची बाग में किसानों से मुलाकात की। इस दौरान उन्होंने किसानों की समस्याओं, खेती से जुड़ी चुनौतियों और बागवानी क्षेत्र में उपलब्ध संभावनाओं की जानकारी ली। जिलाधिकारी ने बताया कि पूरेडलई क्षेत्र में करीब 7 हेक्टेयर भूमि पर लीची की खेती की जा रही है। उन्होंने इसे किसानों की आय बढ़ाने की दिशा में एक सराहनीय पहल बताते हुए कहा कि पारंपरिक खेती के साथ बागवानी फसलों को अपनाने से किसानों को बेहतर आर्थिक लाभ मिल सकता है। निरीक्षण के दौरान डीएम ने आम, अमरूद और लीची जैसी फलदार फसलों की खेती को बढ़ावा देने की आवश्यकता पर बल दिया। उन्होंने कृषि एवं उद्यान विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए कि अधिक से अधिक किसानों को सरकारी योजनाओं से जोड़कर तकनीकी सहायता और अनुदान का लाभ उपलब्ध कराया जाए। उन्होंने किसानों को सहफसली (इंटरक्रॉपिंग) खेती अपनाने के लिए भी प्रोत्साहित किया। जिलाधिकारी ने कहा कि इससे भूमि का अधिकतम उपयोग संभव होगा और किसानों को अतिरिक्त आय के अवसर प्राप्त होंगे। किसानों की आय बढ़ाने के लिए उन्होंने किसान उत्पादक संगठन (एफपीओ) के गठन और सामूहिक विपणन व्यवस्था विकसित करने पर भी जोर दिया। उनका कहना था कि इससे किसानों को अपनी उपज का बेहतर मूल्य प्राप्त करने में मदद मिलेगी। जिलाधिकारी ने कृषि एवं उद्यान विभाग के अधिकारियों को किसानों को नियमित प्रशिक्षण, आधुनिक कृषि तकनीकों की जानकारी और आवश्यक सहयोग उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। निरीक्षण के दौरान संबंधित विभागों के अधिकारी और बड़ी संख्या में किसान मौजूद रहे।
केन्द्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड ने 12वीं परीक्षा 2026 के विद्यार्थियों को राहत देते हुए आंसर बुक के वेरिफिकेशन और सवालों के पुनर्मूल्यांकन आवेदन की अंतिम तिथि अब 6 जून के बजाय 7 जून मध्य रात्रि तक बढ़ा दी है। इससे उन छात्रों को विशेष रूप से मौका मिलेगा जो किसी कारणवश निर्धारित समय में आवेदन नहीं कर पाए थे। बोर्ड ने सभी पात्र छात्रों से अपील की है कि वे नई समय सीमा के भीतर अपने आवेदन अवश्य जमा कराएं। बता दें कि सीबीएसई की ओर से मार्क्स वेरिफाई या टोटलिंग के लिए 500 की जगह 100 रुपए, वहीं प्रति सवाल दोबारा कॉपी जांच करवावने के लिए 100 की जगह सिर्फ 25 रुपए तय किए गए हैं। पोस्ट-रिजल्ट पोर्टल पर साइबर हमला, पुलिस में एफआईआर केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड ने पोस्ट-रिजल्ट सर्विस पोर्टल पर हुए सुनियोजित साइबर हमलों को लेकर दिल्ली पुलिस की इंटेलिजेंस फ्यूजन एंड स्ट्रेटेजिक ऑपरेशंस (आईएफएसओ) यूनिट में औपचारिक शिकायत दर्ज कराई है। बोर्ड ने स्पष्ट किया है कि साइबर सुरक्षा विशेषज्ञों की 24 घंटे निगरानी और त्वरित कार्रवाई के कारण सभी हमलों को सफलतापूर्वक रोका गया है तथा डेटा में कोई सेंध या अनधिकृत एक्सेस नहीं हुआ है। बोर्ड सचिव की ओर से शुक्रवार को अधिकृत वेसाबइट पर जारी प्रेस रिलीज में कहा गया है कि हाल ही में शुरू किए गए पोस्ट-रिजल्ट सर्विसेज पोर्टल पर बीते तीन दिनों में बार-बार साइबर हमले हुए हैं। यह पोर्टल देशभर के लाखों विद्यार्थियों को उत्तर पुस्तिकाओं के सत्यापन, अंक पुनर्गणना और पुनर्मूल्यांकन जैसी सेवाएं उपलब्ध कराने के लिए 2 जून 2026 को शुरू किया गया था। बोर्ड के अनुसार इन हमलों में देश के अंदर और बाहर के कई आईपी एड्रेस से बड़ी मात्रा में हानिकारण ट्रैफिक भेजा गया है। हमलावरों का मकसद इस प्लेटफॉर्म को अस्थिर करना, असली यूजर्स को एक्सेज से रोकना रहा है।
मैहर जिले में स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता जांचने भोपाल से आए ओआईसी (ऑफिसर इन चार्ज) डॉ. हर्ष चावरे ने शुक्रवार शाम सिविल अस्पताल मैहर और पीएचसी बदेरा का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने मरीजों को दिए जा रहे भोजन की गुणवत्ता पर नाराजगी व्यक्त की। भोजन की गुणवत्ता सुधारने का दिया निर्देश अस्पताल के वार्डों, लेबर रूम, एएनसी, पीएनसी और एनआरसी वार्ड का जायजा लेने के दौरान डॉ. चावरे ने दोपहर के भोजन की जांच की। उन्होंने कहा कि पर्याप्त राशि खर्च होने के बावजूद मरीजों को मिलने वाला भोजन अपेक्षित स्तर का नहीं है। उन्होंने भोजन की गुणवत्ता सुधारने और पोषण मानकों का पालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। अधिकारी ने अस्पताल के किचन का भी निरीक्षण किया और साफ-सफाई और स्वच्छता व्यवस्था में सुधार के निर्देश दिए। उन्होंने भोजन रखने के लिए प्लेटफॉर्म बनाने, रसोई को स्वच्छ रखने और भोजन बनाने वाले कर्मचारियों के लिए हैंड ग्लव्स और हेड कवर अनिवार्य करने को कहा। दवाओं को व्यवस्थित ढंग से रखने के दिए निर्देश निरीक्षण के दौरान अस्पताल स्टोर में दवाओं की उपलब्धता, इंडेंट प्रक्रिया और दवा वितरण व्यवस्था की भी समीक्षा की गई। डॉ. चावरे ने स्टोर प्रभारी से विभिन्न स्वास्थ्य संस्थाओं को भेजी जाने वाली दवाओं और डॉक्टरों की ओर से लिखी जा रही दवाओं की जानकारी ली। साथ ही दवाओं को व्यवस्थित ढंग से रखने के निर्देश दिए। सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा करते हुए ओआईसी ने अस्पताल में गार्डों की संख्या कम पाई। उन्होंने सुरक्षाकर्मियों की भर्ती बढ़ाने की आवश्यकता बताई और आउटसोर्स एजेंसियों के माध्यम से कार्यरत कर्मचारियों और उन पर होने वाले वार्षिक व्यय की जानकारी भी जानकारी ली। स्वास्थ्यकर्मियों ने की अतिरिक्त नर्सिंग स्टाफ की मांग इसके बाद डॉ. चावरे ने पीएचसी बदेरा का निरीक्षण किया, जहां मरीजों की संख्या अधिक और स्टाफ की कमी पाई गई। अस्पताल में केवल एक स्टाफ नर्स के भरोसे प्रसूता सेवाएं संचालित होने पर उन्होंने चिंता जताई। निरीक्षण के समय पांच प्रसूताएं भर्ती थीं। स्वास्थ्य कर्मियों ने यहां अतिरिक्त नर्सिंग स्टाफ की मांग रखी। निरीक्षण के दौरान बीएमओ डॉ. पीयूष पांडेय, सिविल सर्जन डॉ. आरएन पाण्डेय, डॉ. विश्वमोहन प्रजापति समेत नर्सिंग स्टाफ मौजूद रहा।
झांसी में होटल कर्मचारी 3 भाइयों ने तलवार-फरसे से चाचा-भतीजे पर हमला कर दिया। दोनों पर ताबड़तोड़ वार किए और फिर धमकी देकर हथियार लहराते हुए भाग गए। दोनों घायलों को मेडिकल कॉलेज में भर्ती करवाया गया। जहां 4 घंटे चले इलाज के बाद शनिवार सुबह भतीजे गौरीशंकर कुशवाहा ने दम तोड़ दिया। अभी चाचा मुरारीलाल का इलाज चल रहा है। मृतक की बेटी ईशा कुशवाहा ने कहा- हमारे घर में माता का मंदिर है। पड़ोस में शिवानी होटल है। ये लोग मंदिर के सामने शराब पीते थे और बाथरूम करते थे। रोकने पर एक साल पहले भी मारपीट की थी। तब से रंजिश चल रही थी। उसी रंजिश में होटल मालिक के कहने पर आरोपियों ने घात लगाकर शुक्रवार देर रात लगभग 12 बजे पापा और दादा पर हमला किया। पुलिस ने शिवानी होटल मालिक आनंद यादव समेत तीनों भाइयों व अन्य पर केस दर्ज किया है। पूरा मामला सीपरी बाजार थाना क्षेत्र का है। खबर को लगातार अपडेट किया जा रहा है।
सोशल मीडिया पर वायरल हुए वीडियो और स्टेज पर हुई कथित बदसलूकी के मामले में हरियाणवी डांसर डिंपल चौधरी ने अपना दूसरा वीडियो जारी कर अपनी पीड़ा सार्वजनिक की है। उत्तर प्रदेश के हाथरस क्षेत्र में 3 जून को आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान हुई घटना को लेकर डिंपल चौधरी ने कहा कि वह पिछले कई दिनों से मानसिक रूप से परेशान हैं और खुद को काफी असहज महसूस कर रही हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि कार्यक्रम के दौरान एक युवक ने पहले भी उनके साथ अभद्र व्यवहार किया था और बाद में सारी सीमाएं पार करते हुए उन्हें गलत तरीके से छूने की कोशिश की। डिंपल ने कहा कि घटना के बाद उन्हें परिवार और समाज के लोगों के सवालों का सामना करना पड़ रहा है, जिसके कारण उन्हें अपना फोन तक बंद करना पड़ा। उन्होंने दोषी युवक के खिलाफ सख्त कार्रवाई और न्याय की मांग की है। पहले भी कर चुका था अभद्र हरकत, वीडियो में दिखाया सबूतडिंपल चौधरी ने अपने दूसरे वीडियो में कहा कि यदि लोगों ने पहला वीडियो नहीं देखा है तो वे इस नए वीडियो को देखें। उन्होंने दावा किया कि उस युवक ने उसी रात कार्यक्रम में पहले भी स्टेज के सामने आकर उनके साथ बदतमीजी कर चुका था। वीडियो में दिखाई दे रहा है कि युवक हाथ में पैसे लेकर उनके पास पहुंचा और गलत तरीके से पैसे डालने की कोशिश करने लगा। डिंपल ने कहा कि सार्वजनिक मंच पर उनके साथ यह व्यवहार किया गया, जिसे उन्होंने काफी देर तक नजरअंदाज करने और सहन करने का प्रयास किया। दूसरी परफॉर्मेंस में युवक ने कर दी हद पार डांसर ने आरोप लगाया कि पहली घटना के बाद भी युवक नहीं माना और दूसरी प्रस्तुति के दौरान उसने हद ही पार कर दी। डिंपल के अनुसार युवक ने उन्हें गंदे तरीके से छूने का प्रयास किया, जिससे वह बेहद आहत हुईं। उन्होंने कहा कि एक महिला कलाकार के रूप में मंच पर इस तरह की घटना का सामना करना बेहद अपमानजनक है और इस वजह से वह लगातार मानसिक तनाव से गुजर रही हैं। परिवार और समाज के सवालों से बढ़ी परेशानी डिंपल चौधरी ने बताया कि घटना के बाद उनके परिवार के लोगों के लगातार फोन आ रहे हैं और उन्हें काफी कुछ सुनने को मिल रहा है। उन्होंने कहा कि पिछले तीन दिनों से स्थिति ऐसी बन गई कि उन्हें अपना फोन तक बंद करना पड़ा। इस पूरे घटनाक्रम ने उन्हें मानसिक रूप से काफी प्रभावित किया है और वह लगातार तनाव महसूस कर रही हैं। मैनेजर संभालता है सोशल मीडिया अकाउंट वीडियो में डिंपल चौधरी ने यह भी स्पष्ट किया कि उनके सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर वीडियो और पोस्ट अपलोड करने का काम उनका मैनेजर करता है। उन्होंने कहा कि सोशल मीडिया हैंडल करने की जिम्मेदारी मैनेजर की है और वही सभी वीडियो अपलोड करता है। ‘ऐसा चलता रहा तो लड़कियां खत्म हो जाएंगी’ भावुक होते हुए डिंपल चौधरी ने कहा कि उन्हें न्याय चाहिए। उन्होंने कहा कि यदि महिलाओं और लड़कियों के साथ इस तरह की घटनाएं होती रहीं तो समाज में लड़कियों का सम्मान खत्म हो जाएगा। उन्होंने कहा कि जो व्यक्ति एक कलाकार की इज्जत नहीं कर सकता, वह किसी भी महिला या व्यक्ति का सम्मान नहीं कर सकता। उन्होंने समाज से महिलाओं और कलाकारों के सम्मान की रक्षा करने की अपील भी की। कमेटी के सदस्यों का जताया आभार डिंपल चौधरी ने कार्यक्रम आयोजन समिति के सदस्यों का धन्यवाद करते हुए कहा कि घटना के दौरान समिति के लोगों ने उनका पूरा सहयोग किया और उनका मान-सम्मान बनाए रखने का प्रयास किया। उन्होंने कहा कि कमेटी के लोगों ने उनका साथ दिया, जिसके लिए वह उनकी आभारी हैं। हालांकि, स्टेज पर हुई बदसलूकी की वजह से वह अभी भी मानसिक तौर पर काफी परेशान हैं और दोषी के खिलाफ कार्रवाई चाहती हैं। पहले जानिए डिंपल ने क्या-क्या बताया… कई कलाकार परफॉर्मेंस देने आए थे : डिंपल चौधरी ने बताया कि घटना 3 जून को उत्तर प्रदेश के हाथरस क्षेत्र में हुई थी। एक व्यक्ति ने अपनी बेटी के जन्मदिन के अवसर पर डांस और रागनी प्रोग्राम रखा था। प्रोग्राम देर शाम करीब 8 बजे शुरू हुआ था, जबकि वह रात करीब 10 बजे मंच पर पहुंची थीं। प्रोग्राम में डांसर और सिंगर शिवानी, कोमल चौधरी समेत कई अन्य कलाकार भी मौजूद थे, जो बारी-बारी से मंच पर अपनी परफॉर्मेंस दे रहे थे। गलत नीयत से कमर पर टच किया : डिंपल ने बताया कि मैं रात लगभग 2:30 बजे वह हरियाणवी सॉन्ग ‘गंडास’ पर परफॉर्मे कर रही थी, तभी एक युवक मंच पर चढ़ आया। वह युवक आयोजक का रिश्तेदार था। परफॉर्मेंस के दौरान उसने गलत नीयत से मेरी कमर को छूने की कोशिश की। इस हरकत से नाराज होकर मंच पर ही मैंने उसे थप्पड़ मार दिया। सम्मान के साथ खिलवाड़ नहीं : डिंपल ने कहा कि कलाकार लोगों के मनोरंजन और अपनी रोजी-रोटी के लिए मंच पर प्रदर्शन करते हैं, लेकिन इसका मतलब यह नहीं है कि कोई उनके सम्मान के साथ खिलवाड़ करे। यदि कोई व्यक्ति गलत नीयत से छेड़छाड़ करने की कोशिश करेगा तो उसे बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उस समय मेरे मुंह से कुछ अपशब्द भी निकल गए थे। हंगामे के बाद डंडे भी चले थे : कानूनी कार्रवाई को लेकर पूछे गए सवाल पर डिंपल चौधरी ने कहा कि मैंने मौके पर ही युवक को उसकी हरकत का जवाब दे दिया था, इसलिए अब मैं पुलिस में शिकायत दर्ज नहीं कराना चाहती। घटना के बाद कार्यक्रम स्थल पर काफी हंगामा हो गया था और भीड़ को नियंत्रित करने के लिए डंडे भी चलाने पड़े थे।
कल्याणपुर में युवक से मारपीट, उंगली कटी:पुरानी रंजिश में रास्ते में रोककर हमला, पुलिस जांच में जुटी
कानपुर के कल्याणपुरथाना क्षेत्र के हसनपुर गांव निवासी एक युवक ने गांव के ही कुछ लोगों पर रास्ते में रोककर गाली-गलौज, मारपीट और जान से मारने की धमकी देने का आरोप लगाते हुए पुलिस से शिकायत की है। पीड़ित ने थाने में प्रार्थना पत्र देकर कार्रवाई की मांग की है। कल्याणपुर थाना क्षेत्र के हसनपुर निवासी गुलाब सिंह के अनुसार वह 5 जून को गांव में किसी काम से जा रहा था। आरोप है कि इसी दौरान गांव के कुछ लोगों ने उसे रास्ते में रोक लिया और पुरानी रंजिश को लेकर अभद्र भाषा का प्रयोग करते हुए विवाद शुरू कर दिया। विरोध करने पर आरोपियों ने उसके साथ धक्का-मुक्की और मारपीट की। पीड़ित का कहना है कि आरोपितों ने उसे गंभीर परिणाम भुगतने और जान से मारने की धमकी भी दी। पीड़ित ने आरोप लगाया कि घटना के दौरान आरोपी लगातार गाली-गलौज करते रहे। मारपीट के दौरान उसके हाथ की ऊँगली भी कट गई। किसी तरह वह वहां से बचकर निकला और पूरे मामले की जानकारी परिजनों को दी।परिजनों ने 112 नंबर डायल कर घटना की जानकारी पुलिस को दी। सूचना मिलते ही कल्याणपुर थाने का फ़ोर्स मौके पर पहुंचा और लिखित शिकायत दी। न घटना की सूचना मिलने के बाद पुलिस ने शिकायत पत्र प्राप्त कर मामले की जांच शुरू कर दी है। बोले थाना प्रभारी कल्याणपुर थाना प्रभारी केशव कुमार तिवारी ने बताया कि प्रार्थना पत्र के आधार पर आरोपों की जांच की जा रही है। जांच में जो भी तथ्य सामने आएंगे, उसके आधार पर आगे की विधिक कार्रवाई की जाएगी।
धार जिले में मौसम का मिजाज एक बार फिर बदल गया है। पिछले दो दिनों से हुई बारिश और बादलों की वजह से लोगों को गर्मी से राहत मिली थी, लेकिन शनिवार सुबह से ही उमस भरी गर्मी ने लोगों को परेशान करना शुरू कर दिया। सुबह से तेज धूप और बढ़ी नमी के कारण लोगों को भीषण गर्मी का एहसास हुआ। मौसम विभाग के अनुसार, गुरुवार को हुई बारिश के बाद तापमान में गिरावट दर्ज की गई थी। शुक्रवार को सुबह का न्यूनतम तापमान करीब 20 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया था, जिससे मौसम में ठंडक बनी हुई थी। हालांकि, शनिवार को न्यूनतम तापमान बढ़कर 24.6 डिग्री सेल्सियस पहुंच गया। तापमान में लगभग 4 डिग्री सेल्सियस की बढ़ोतरी के कारण सुबह से ही गर्मी और उमस महसूस की गई। जिले का अधिकतम तापमान 36.9 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। मौसम विशेषज्ञों ने बताया कि बारिश के बाद वातावरण में नमी बढ़ने से उमस का असर अधिक महसूस होता है। इससे वास्तविक तापमान से कहीं ज्यादा गर्मी का एहसास होता है, भले ही अधिकतम तापमान सामान्य से बहुत अधिक न हो। सुबह से आसमान साफ रहने और तेज धूप निकलने के कारण शहर सहित ग्रामीण क्षेत्रों में भी गर्मी का असर दिखाई दिया। दो दिनों तक ठंडे मौसम का आनंद लेने वाले लोगों को एक बार फिर गर्मी से जूझना पड़ा। मौसम विभाग ने आने वाले दिनों में मौसम में लगातार उतार-चढ़ाव बने रहने की संभावना जताई है। प्रदेश के कई हिस्सों में सक्रिय मौसमी सिस्टम के प्रभाव से धार जिले में भी गरज-चमक के साथ तेज बारिश हो सकती है। विभाग ने अगले कुछ दिनों तक बादल छाने, तेज हवाएं चलने और कहीं-कहीं अच्छी बारिश होने का अनुमान व्यक्त किया है।
कन्नौज में सीएमओ कार्यालय से 10 हजार रुपए की रिश्वत लेते हुए एंटी करप्शन टीम द्वारा गिरफ्तार किए गए कोल्डचेन मैनेजर इरशाद बेग के मामले में स्वास्थ्य विभाग ने जांच शुरू कर दी है। सीएमओ डॉ. विकास चंद्रा ने तीन सदस्यीय जांच समिति गठित कर तीन दिन के भीतर रिपोर्ट तलब की है। जांच में यह भी पता लगाया जाएगा कि टेंडर अवधि समाप्त होने के बावजूद इरशाद बेग किस आधार पर कार्यालय में कार्य कर रहा था। कार्रवाई के बाद सदर कोतवाली में आवश्यक औपचारिकताएं पूरी कर टीम आरोपी को लखनऊ ले गई। टेंडर व्यवस्था के तहत कार्यरत प्राथमिक जांच में सामने आया है कि इरशाद बेग टेंडर व्यवस्था के तहत कार्यरत था और उसका अनुबंध 31 मार्च 2026 को समाप्त हो चुका था। इसके बावजूद वह सीएमओ कार्यालय में कार्य करता रहा। इस मामले ने विभागीय कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े कर दिए हैं। मामले की गंभीरता को देखते हुए सीएमओ डॉ. विकास चंद्रा ने तीन सदस्यीय जांच समिति का गठन किया है। समिति में अपर मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. केपी त्रिपाठी, उप मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. बृजेश शुक्ला और जिला मलेरिया अधिकारी डॉ. यूपी सिंह को शामिल किया गया है। जांच टीम को निर्देश दिए गए हैं कि वह पूरे मामले की विस्तृत जांच कर तीन दिनों के भीतर अपनी रिपोर्ट प्रस्तुत करे। रिपोर्ट के आधार पर आगे की विभागीय कार्रवाई तय की जाएगी। विभाग यह भी जांच करेगा कि टेंडर समाप्त होने के बाद इरशाद बेग को कार्यालय में कार्य करने की अनुमति किस स्तर से मिली और इसके लिए कौन जिम्मेदार है।
कानपुर में शादी का झांसा देकर दुष्कर्म:पुलिस ने आरोपी समेत 6 पर केस दर्ज किया
कानपुर। सचेण्डी थाना क्षेत्र में युवती को शादी का झांसा देकर चार वर्षों तक दुष्कर्म करने और बाद में शादी से इनकार करने का मामला सामने आया है। पुलिस ने पीड़िता की तहरीर पर आरोपी युवक समेत उसके माता-पिता और भाइयों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पीड़िता का आरोप पहले शादी की बात कही बाद मेंइनकार कर दिया पीड़िता के अनुसार उसकी मुलाकात सचेण्डी क्षेत्र के गड़रियनपुरवा निवासी धर्मेंद्र उर्फ नीरज से एक पारिवारिक समारोह के दौरान हुई थी। बातचीत के बाद दोनों के बीच नजदीकियां बढ़ीं। आरोप है कि धर्मेंद्र ने शादी का भरोसा देकर कई बार उसके साथ शारीरिक संबंध बनाए। युवती का कहना है कि आरोपी उसे अपने घर के अलावा सुनसान स्थानों पर भी ले जाता था और शादी का आश्वासन देकर संबंध बनाता रहा। पीड़िता ने बताया कि करीब चार वर्ष बाद जब उसने अपने परिजनों के साथ आरोपी के घर पहुंचकर शादी की बात की तो आरोपी और उसके परिवार के लोगों ने गाली-गलौज करते हुए शादी से इनकार कर दिया। विरोध करने पर जान से मारने की धमकी भी दी गई। बोले थाना प्रभारी थाना प्रभारी दीनानाथ मिश्रा ने बताया कि पीड़िता की तहरीर के आधार पर धर्मेंद्र उर्फ नीरज, धीरेन्द्र, पंकज उर्फ शेर सिंह, मान सिंह, रानी देवी और श्रवण कुमार के खिलाफ संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। मामले की जांच कर आगे की कार्रवाई की जा रही है।
कानपुर में चलती कार बनी आग का गोला:चालक और साथी ने कूदकर बचाई जान, चौकी से 100 मीटर दूरी हुई घटना
कानपुर के चकेरी थाना क्षेत्र में शुक्रवार देर रात एक चलती हुंडई i20 कार में अचानक आग लग गई। लाल बंगला पुलिस चौकी से 100 मीटर दूर हुई इस घटना में कार सवार चालक और उसके साथी ने कूदकर अपनी जान बचाई। कार पूरी तरह जलकर खाक हो गई, लेकिन कोई जनहानि नहीं हुई। प्रत्यक्षदर्शियों रमेश सिंह, संदीप और अक्षय के अनुसार, कार हरजिंदर नगर से लाल बंगला चौकी चौराहे की ओर जा रही थी। तभी अचानक इंजन से धुआं निकलने लगा और कुछ ही सेकंड में आग ने पूरी कार को अपनी चपेट में ले लिया। चालक ने तुरंत कार को सड़क किनारे रोका और अपने साथी के साथ बाहर निकल गया, जिसके बाद वाहन धू-धू कर जलने लगा। आग की ऊंची लपटें और धुएं का गुबार देखकर इलाके में हड़कंप मच गया और मौके पर भारी भीड़ जमा हो गई। सूचना मिलने पर चकेरी पुलिस और दमकल विभाग की टीम घटनास्थल पर पहुंची। फायर कर्मियों ने कड़ी मशक्कत के बाद एक दमकल की मदद से आग पर काबू पाया, लेकिन तब तक कार पूरी तरह जल चुकी थी। फायर अधिकारी राहुल नंदन ने बताया कि शुरुआती जांच में आग लगने का कारण शॉर्ट सर्किट प्रतीत हो रहा है। उन्होंने यह भी जानकारी दी कि दमकल टीम के पहुंचने से पहले ही चालक मौके से जा चुका था। आग की तीव्रता इतनी अधिक थी कि कार की नंबर प्लेट भी जल गई, जिससे वाहन की पहचान करने में दिक्कत आ रही है। वास्तविक कारणों की जांच जारी है। गनीमत रही कि इस हादसे में कोई हताहत नहीं हुआ। पुलिस इस मामले की जांच कर रही है।
हिमाचल प्रदेश और पूर्वोत्तर के बीच सीधा रेल संपर्क स्थापित हो गया है। ऊना जिले के अंब-अंदौरा रेलवे स्टेशन से कोलकाता के लिए (12325/12326) गुरुमुखी सुपरफास्ट एक्सप्रेस ट्रेन का परिचालन शुरू हो गया है। हमीरपुर के सांसद एवं पूर्व केंद्रीय मंत्री अनुराग ठाकुर ने शनिवार को अंब-अंदौरा रेलवे स्टेशन से इस ट्रेन को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। अनुराग ठाकुर ने प्रधानमंत्री और रेल मंत्री का धन्यवाद किया। उन्होंने कहा कि यह ट्रेन क्षेत्र के लोगों की लंबे समय से चली आ रही मांग को पूरा करेगी। इस दौरान ऊना के विधायक सतपाल सत्ती, पूर्व मंत्री वीरेंद्र कंवर, चिंतपूर्णी के पूर्व विधायक बलबीर चौधरी, गगरेट के पूर्व विधायक राजेश ठाकुर, ऊना भाजपा के जिलाध्यक्ष शाम मिन्हास और सुशील कालिया सहित कई अन्य गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे। अंब-अंदौरा से सुबह 6.10 बजे चलेगी गुरुमुखी सुपरफास्ट एक्सप्रेस ट्रेन (12326) अंब-अंदौरा रेलवे स्टेशन से प्रत्येक शनिवार को सुबह 6:10 बजे प्रस्थान करेगी और अगले दिन रविवार दोपहर 2:50 बजे कोलकाता पहुंचेगी। वहीं 12325 गुरुमुखी सुपरफास्ट एक्सप्रेस प्रत्येक गुरुवार को सुबह 7:40 बजे कोलकाता से चलेगी और शुक्रवार शाम 5:10 बजे अंब-अंदौरा पहुंचेगी। 1848 KM की दूरी 32 घंटे में तय करेगी यह ट्रेन कुल 18 हॉल्ट पर रुकेगी और 1848 किलोमीटर की दूरी लगभग 32 घंटे 40 मिनट में तय करेगी। इस साप्ताहिक ट्रेन से यात्रियों को तख्त श्री हरमंदिर जी पटना साहिब और तीर्थस्थल गंगा सागर जाने में सुविधा होगी। साथ ही लखनऊ, वाराणसी, पटना और कोलकाता जैसे प्रमुख शहरों की यात्रा भी आसान हो जाएगी। ट्रेन का किराया इस प्रकार है एसी 2 टियर के लिए 2880 रुपए, एसी 3 टियर के लिए 2025 रुपए, एसी 3 इकोनॉमी के लिए 1915 रुपए और स्लीपर क्लास के लिए 800 रुपए किराया निर्धारित किया गया है। इन स्टेशन पर रुकेंगी ट्रेन अंब-अंदौरा से कोलकाता के बीच इस ट्रेन के प्रमुख हॉल्ट में ऊना, नंगल डैम, आनंदपुर साहिब, रूपनगर, सरहिंद जंक्शन, अंबाला कैंट, सहारनपुर, मुरादाबाद, बरेली, लखनऊ, वाराणसी, डीडीयू जंक्शन, पटना जंक्शन, पटना साहिब और आसनसोल जंक्शन शामिल हैं। गौरतलब है कि इस साप्ताहिक ट्रेन को नंगल डैम से अंब-अंदौरा रेलवे स्टेशन तक विस्तारित करने की मांग लंबे समय से की जा रही थी। लंबे समय बाद यह मांग पूरी हुई है।
सीएम योगी आदित्यनाथ आज गोंडा जिले के एक दिवसीय दौरे पर हैं। शनिवार सुबह 9:55 बजे करनैलगंज विधानसभा के चकरौत स्थित हेलीपैड पर पहुंचेंगे। यहीं पर पास में बनाए गए जनसभा स्थल पर 516 करोड़ रुपये की 262 परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास करेंगे। इन परियोजनाओं से करनैलगंज और कटरा बाजार विधानसभा क्षेत्रों को लाभ मिलेगा। मुख्यमंत्री सुबह 10:00 बजे कार्यक्रम स्थल पहुंचेंगे और 11:10 बजे तक जिले में रहेंगे। सीएम के आगमन को लेकर सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। देवीपाटन मंडल के चारों जिलों के पुलिसकर्मियों को सुरक्षा ड्यूटी पर लगाया गया है। सोशल मीडिया पर लगातार नजर रखी जा रही है और ड्रोन कैमरों से भी निगरानी की जा रही है। कार्यक्रम में 50,000 से अधिक लोगों के शामिल होने की उम्मीद है, जो मुख्यमंत्री का संबोधन सुनेंगे।मुख्यमंत्री इस दौरान गोंडा जिले को कुछ अन्य सौगातें भी दे सकते हैं। इन परियोजनाओं की देंगे सौगात परियोजनाओं के विवरण के अनुसार, कटरा बाजार विधानसभा में 19.23 करोड़ रुपये की 16 परियोजनाओं का लोकार्पण और 236.62 करोड़ रुपये की 84 परियोजनाओं का शिलान्यास किया जाएगा। इसी प्रकार, करनैलगंज विधानसभा में 64.92 करोड़ रुपये की 32 परियोजनाओं का लोकार्पण और 194.86 करोड़ रुपये की 130 परियोजनाओं का शिलान्यास होगा। मुख्यमंत्री के कार्यक्रम में कई प्रमुख जनप्रतिनिधि मौजूद रहेंगे। इनमें कैसरगंज से बीजेपी सांसद व बृजभूषण के बेटे करण भूषण सिंह, गोंडा सदर विधायक प्रतीक भूषण सिंह, गोंडा जिला पंचायत अध्यक्ष घनश्याम मिश्रा, मनकापुर विधायक रमापति शास्त्री, मेहनौंन विधायक विनय कुमार द्विवेदी, , कटरा बाजार विधायक बावन सिंह, करनैलगंज विधायक अजय सिंह, तरबगंज विधायक प्रेम नारायण पांडेय, गौरा विधायक प्रभात कुमार वर्मा और गोंडा-बलरामपुर एमएलसी अवधेश कुमार उर्फ मंजू सिंह शामिल हैं।
बलरामपुर में शनिवार सुबह मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने देवीपाटन धाम स्थित मां पटेश्वरी मंदिर में दर्शन-पूजन कर प्रदेशवासियों की सुख-समृद्धि और जनकल्याण की कामना की। इसके बाद उन्होंने मंदिर परिसर और गौशाला का निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया। अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए। दर्शन-पूजन के बाद मुख्यमंत्री ने मंदिर परिसर का भ्रमण कर व्यवस्थाओं का निरीक्षण किया। उन्होंने श्रद्धालुओं को उपलब्ध कराई जा रही सुविधाओं, स्वच्छता व्यवस्था और परिसर में चल रहे विकास कार्यों की जानकारी ली। निरीक्षण के दौरान अधिकारियों को व्यवस्थाओं को और अधिक सुचारु तथा श्रद्धालु हितैषी बनाने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री ने मंदिर परिसर में साफ-सफाई, सुरक्षा और मूलभूत सुविधाओं को बेहतर बनाए रखने पर जोर देते हुए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक सुधारात्मक कदम उठाने के निर्देश दिए। मंदिर दर्शन के उपरांत मुख्यमंत्री गौशाला भी पहुंचे। यहां उन्होंने गायों के बीच समय बिताया और अपने हाथों से उन्हें हरी घास खिलाई। गौशाला में मौजूद कर्मचारियों से उन्होंने पशुओं के स्वास्थ्य, चारे की उपलब्धता और रखरखाव संबंधी व्यवस्थाओं की जानकारी ली। इस दौरान मुख्यमंत्री ने गौसंरक्षण और गौसेवा के महत्व पर बल देते हुए गौशालाओं के बेहतर संचालन के निर्देश दिए। गौशाला में मुख्यमंत्री की मौजूदगी और गायों को चारा खिलाने का दृश्य वहां मौजूद लोगों के आकर्षण का केंद्र बना रहा। मुख्यमंत्री का यह दौरा धार्मिक आस्था, प्रशासनिक सक्रियता और गौसेवा के प्रति उनकी प्रतिबद्धता का संदेश देता नजर आया। श्रद्धालुओं और स्थानीय लोगों ने भी उनके इस दौरे का स्वागत करते हुए सराहना की।
कानपुर में शनिवार को बिजली विभाग की ओर से मरम्मत और लाइन संबंधी कार्यों के चलते तीन क्षेत्रों में बिजली आपूर्ति बाधित रहेगी। केस्को द्वारा क्यूसीआई रेक्टिफिकेशन और रिकंडक्टरिंग लाइन शिफ्टिंग का कार्य कराया जाएगा। इसके लिए संबंधित इलाकों में निर्धारित समय के लिए शटडाउन लिया जाएगा। शहर के तीन इलाकों में 1 से 6 घंटे तक बिजली आपूर्ति बाधित रहेगी। इन इलाकों में इस समय रहेगी अपूर्ति बाधितबिजली विभाग के अनुसार चावला मार्केट क्षेत्र में सुबह 10:30 बजे से शाम 4:30 बजे तक बिजली आपूर्ति बाधित रहेगी। चंदन नगर क्षेत्र में सुबह 10:30 बजे से 11:30 बजे तक आपूर्ति बाधित रहेगी। एच ब्लॉक, किदवई नगर में दोपहर 12 बजे से 1 बजे तक बिजली आपूर्ति बाधित रहेगी। बिजली विभाग की अपील बिजली विभाग ने उपभोक्ताओं से अपील की है कि निर्धारित शटडाउन अवधि से पहले अपने जरूरी बिजली संबंधी कार्य निपटा लें। विभाग का कहना है कि रखरखाव और लाइन शिफ्टिंग का कार्य पूरा होते ही संबंधित क्षेत्रों में बिजली आपूर्ति सामान्य कर दी जाएगी।
शुक्रवार देर रात मुंडावर के मातोर, जिंदोली और ततारपुर सहित आसपास के कई गांवों में चार घंटे तक बिजली गुल रही। एनएचआई और बीएसएनएल द्वारा की जा रही खुदाई के दौरान एक जेसीबी मशीन से 33 केवी की भूमिगत बिजली केबल क्षतिग्रस्त हो गई, जिससे हजारों उपभोक्ताओं को उमस भरी गर्मी में परेशानी का सामना करना पड़ा। बिजली विभाग के कनिष्ठ अभियंता पुनीत भारद्वाज ने बताया कि मातोर के पास एनएचआई और बीएसएनएल कंपनी बिना किसी पूर्व सूचना के खुदाई का काम कर रही थी। इसी दौरान जेसीबी की चपेट में आने से भूमिगत केबल कट गई, जिससे क्षेत्र की आपूर्ति तत्काल बाधित हो गई। सूचना मिलते ही विभाग की टीम मौके पर पहुंची और मरम्मत कार्य शुरू किया गया। कर्मचारी देर रात तक क्षतिग्रस्त केबल को दुरुस्त करने में जुटे रहे। लगभग चार घंटे बाद बिजली आपूर्ति बहाल हो सकी, जिससे प्रभावित गांवों के लोगों को राहत मिली। इस घटना के बाद ग्रामीणों में नाराजगी देखी गई। लोगों ने कहा कि संबंधित एजेंसियों को खुदाई कार्य शुरू करने से पहले बिजली विभाग से समन्वय करना चाहिए था। बिना सूचना और सुरक्षा मानकों की अनदेखी के कारण हजारों उपभोक्ताओं को अनावश्यक परेशानी झेलनी पड़ी।
लखनऊ में अकीदत के साथ मनाई जा रही है ईद-ए-गदीर। इस खास मौके पर मजलिसों और महफिलों के आयोजन हो रहे है। शिया समुदाय के लोग बड़ी संख्या में इसमें हिस्सा ले रहे हैं। सआदत गंज स्थित मस्जिद-ए- कूफा में बड़ी संख्या में शिया समुदाय के लोग मजलिस के शामिल हुए । मौलाना यासूब अब्बास ने शहर के विभिन्न इमाम बाड़ों में मजलिस पढ़ी। बकरीद के एक सप्ताह बाद मनाई जाती है ईद शिया पर्सनल लॉ बोर्ड के महासचिव मौलाना यासूब अब्बास ने कहा कि ईद उल अजहा (बकरीद) के एक सप्ताह बाद ईद-ए-गदीर मनाई जाती है। उन्होंने कहा कि ईद-ए-ग़दीर का दिन बहुत खास है। इसी दिन पैगम्बर मोहम्मद साहब ने चचेरे भाई मौला अली को अपने उत्तराधिकारी के रूप में नियुक्त किया था। जिसके बाद लगभग 1400 वर्षों इस का जश्न मनाया जा रहा है। इस त्यौहार का नाम उस जगह से लिया गया है जहाँ पैगंबर मोहम्मद साहब ने अपना उत्तराधिकारी की घोषणा किया था। जिसे ख़ुम का तालाब (ग़दीर) कहा जाता है। 'हजरत अली की शिक्षाओं पर चलना जरूरी' मौलाना यासूब अब्बास ने मजलिस को संबोधित करते हुए कहा कि कम से कम तीन दिनों इसका जश्न मनाए।ये बहुत खास मौका सभी लोगों को इस दिन खुशियां मनानी चाहिए। हजरत अली की शिक्षाओं पर चल कर ही हमें कामयाबी हासिल हो सकती है । मौलाना ने कहा कि घरों में मौला अली की नजर करवाएं । त्यौहार की तरह तीन दिनों तक अच्छे पकवान बनाएं । पैगंबर मोहम्मद साहब ने हजरत अली को अपना उत्तराधिकारी (जानशीन) चुनने के बाद स्वयं खुशी मनाते हुए सभी मुसलमानों को खुशी मनाने का आदेश दिया था। इस तरह मनाई जाती है ईद-ए-गदीर मौलाना ने कहा कि विशेष रूप से हजरत अली के नाम की महफ़िल होती है । महफिलों में एक दूसरे को मुबारकबाद पेश करना जरूरी है । जगह-जगह सबील लगाएं । गरीबों में भोजन , कपड़े और जो कुछ जो सकता है वितरण करें। हजरत अली ने हमेशा मानवता और मानव भलाई के लिए काम किया। उनकी सबसे पहली प्राथमिकता शिक्षा हासिल करना था। इसलिए हजरत अली के मानने वालों के लिए बेहद जरूरी है कि अच्छी शिक्षा हासिल करें और आर्थिक रूप से कमजोर लोगों की शिक्षा हासिल करने में मदद भी करें।
लखनऊ में आयोजित उत्तर प्रदेश संगीत नाटक अकादमी पुरस्कार में काशी के पुरोधाओं को सम्मानित किया गया। इस वर्ष चार साल एक संगीत नाटक अकादमी पुरस्कार दिए गए हैं। जिसमें वाराणसी के सिद्धहस्त कलाकारों ने अपनी छाप छोड़ी है। इसमें भरतनाट्यम नृत्यांगना मला हम्बोल भी शामिल हैं। जिनके पति को भी संगीत नाटक अकादमी पुरस्कार मिल चुका है। सभी को डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक ने लखनऊ में सम्मानित किया। 2021 से 2024 के लिए कुल 51 लोगों को सम्मानित किया गया। इसमें वाराणसी से 2024 के लिए प्रोफेसर राजेश साहू (सितार वादन), पंडित मंगला प्रसाद (दुक्कड़ वादन), पंडित सुखदेव मिश्र (वायलिन), प्रख्यात शास्त्रीय गायक पद्मभूषण स्व. पं. राजन मिश्र के बेटे पं. रितेश-रजनीश मिश्र को गायकी में, 2023 के लिए डॉ रामशंकर मिश्र (ख्याल गायकी), 2021 के लिए पंडित जवाहर लाल (शहनाई), माला होम्बल(भरनाट्यम) में यह अकादमी पुरस्कार दिया गया है। इस दौरान उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक ने अपने संबोधन में कहा कि भारत की पहचान उसकी समृद्ध संस्कृति और ज्ञान परंपरा से है। कलाकार राष्ट्र की सांस्कृतिक चेतना को मजबूत करने का कार्य कर रहे हैं। उन्होंने आश्वासन दिया कि सरकार लोक कलाकारों और लोककलाओं के संरक्षण एवं संवर्धन के लिए निरंतर प्रयास करती रहेगी। सितार में परांगत हैं प्रोफेसर पंडित राजेश साहू साल 2024 का संगीत नाटक अकादमी पुरस्कार पाने वाले सितार वादक पंडित राजेश साहू बीएचयू के संगीत एवं मंच कला संकाय के वाद्य विभाग के अध्यक्ष हैं। बनारस और जयपुर के सेनिया घराने के प्रख्यात सितार वादक प्रो. राजेश गायकी अंग के सितार वादक हैं। 33 साल से बीएचयू और वसंत महिला महाविद्यालय में एसोसिएट प्रोफेसर के बाद प्रोफेसर हुए। नौ साल की उम्र से ही उन्होंने सितार सीखना शुरू किया था। महाराष्ट्र के जलगांव में जन्म लिए प्रो. राजेश ने महाराष्ट्र के पं. गोविंद के बाद बनारस घराने के पं. अमरनाथ मिश्र से सितार की शिक्षा ली। ख्याल गायकी में पंडित रामशंकर का कोई जोड़ नहीं वाराणसी के शास्त्रीय संगीत के साधक डॉ रामशंकर मिश्र बीएचयू के मंच एवं कला संकाय में एसोसिएट प्रोफेसर हैं। इन्हे 2023 का संगीत नाटक अकादमी पुरस्कार दिया गया है। डॉ रामशंकर मिश्र ख्याल गायकी के पुरोधा हैं और अपने गुरु पंडित रामाश्रय झा रामरंग के धावासना के बाद उन्होंने रामायण के 6 कांडों को संगीत में पिरोया। जिसकी प्रस्तुति वो मारीशस के रामायण सेंटर में दे चुके हैं। शहनाई के साथ दुक्कड़ का जादू फैलाते हैं पंडित मंगला प्रसाद साल 2024 का संगीत नाटक अकादमी पुरस्कार दुक्कड़ वादक पंडित मंगला प्रसाद को मिला है। पंडित मंगला प्रसाद शहनाई के साथ बजाए जाए जाने वाले एक खास प्रकार के वाद्य यंत्र दुक्कड़ के महारथी हैं। उन्होंने बिस्मिल्लाह खां के साथ भी कई कार्यक्रमों दुक्कड़ बजाई है। पंडित मंगला प्रसाद को कौस्तुभ सम्मान मिल चुका है। मंगल प्रसाद ने अपने पिता नान्हक राम से आठ वर्ष की उम्र से दुक्कड़ की शिक्षा ग्रहण की, जो अपने जमाने के प्रख्यात दुक्कड़ वादक थे। वह आकाशवाणी के ए ग्रेड के कलाकार हैं। वह तानसेन समारोह ग्वालियर, भोपाल गंगा महोत्सव, केरल, अहमदाबाद, जबलपुर, मुम्बई, कलकत्ता, भोपाल, दिल्ली, पुष्कर आदि शहरों में वादन कर चुके हैं। रामापुरा शहनाई वादक घराने की शान हैं पंडित जवाहर लाल साल 2021 का संगीत नाटक अकादमी पुरस्कार पंडित जवाहर लाल को शहनाई वादन में दिया गया है।उनकी चौथी पीढ़ी संगीत को आगे बढ़ा रही है। उनका कहना है कि आखिरकार सरकार ने कला की पहचान की और सम्मान दिया। पं. जवाहर लाल ने 14 साल की उम्र से ही शहनाई की साधना शुरू कर दी थी। चाचा और पिता की गायिकी को आगे बढ़ा रहे रितेश-रजनीश प्रख्यात शास्त्रीय गायक पद्मभूषण स्व. पं. राजन मिश्र के बेटे पं. रितेश-रजनीश मिश्र को भी 2024 के लिए संगीत नाटक अकादमी पुरस्कार मिला है। मिश्र बंधुओं ने 35 साल से ख्याल गायकी में अपनी अलग पहचान बनाई है। अपने पिता और चाचा पद्मभूषण पं. साजन मिश्र से संगीत की शिक्षा ली। दोनों रेडियो और आकाशवाणी के ए ग्रेड के कलाकार हैं। उनको उस्ताद बिस्मिल्लाह खां, सुरमणि सम्मान मिल चुका है। यूरोप, यूएस सहित तमाम देशों में अपनी गायकी का जादू बिखेर चुके हैं।
इंदौर के लसूड़िया क्षेत्र में हुए अभि तोमर हत्याकांड में पुलिस ने फरार आरोपी डिल्लू उर्फ चंदन उर्फ चंद्रकांत लहारिया को आधिकारिक रूप से गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस के अनुसार अभि तोमर को गोली डिल्लू ने अपनी रायफल से मारी थी। गिरफ्तारी से बचने के लिए उसने भिंड में एक पुराने मामले में सरेंडर करने की कोशिश की थी, लेकिन वहां की पुलिस ने उसे इंदौर पुलिस के हवाले कर दिया। पुलिस के मुताबिक इंदौर लाए जाने के दौरान भागने की कोशिश में डिल्लू गिर गया, जिससे उसके हाथ-पैर में गंभीर चोट आई और फ्रैक्चर हो गया। आरोपी पर भिंड, मुरैना में 3 दर्जन से अधिक केस गुलाब बाग कॉलोनी में हुए इस हत्याकांड के बाद मुख्य आरोपी गुलशन यादव, गौरव जाटव और डिल्लू लहारिया की तलाश के लिए एसआईटी गठित की गई थी। पुलिस ने आरोपी डिल्लू की मदद करने के आरोप में उसके पिता राजेंद्र लहारिया और पत्नी प्रीति लहारिया को भी गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार डिल्लू उर्फ चंदन पर भिंड, मुरैना और आसपास के इलाकों में हत्या समेत तीन दर्जन से अधिक आपराधिक मामले दर्ज हैं। उसके फरार साथी गुलशन यादव और गौरव जाटव पर भी कई संगीन अपराध दर्ज बताए जा रहे हैं। दोनों आरोपी अभी फरार हैं और उनकी तलाश जारी है। बदले के भावना से रची साजिश गौरतलब है कि 21 मई को लसूड़िया थाना क्षेत्र में अभितेंद्र उर्फ अभि तोमर की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। पुलिस जांच में सामने आया कि यह हत्या पुरानी रंजिश और बदले की भावना में की गई। मुख्य आरोपी गुलशन यादव अपने भाई विष्णु यादव की हत्या का बदला लेना चाहता था, जिसके चलते इस वारदात की साजिश रची गई। फिलहाल पुलिस इस मामले में अब तक पांच आरोपियों को गिरफ्तार कर चुकी है।
कटनी जिले की बड़वारा तहसील में महानदी के अलग-अलग घाटों पर अवैध रेत उत्खनन और भंडारण का कारोबार जारी है। स्थानीय लोगों का आरोप है कि प्रशासन और पुलिस इस गतिविधि पर कार्रवाई नहीं कर रहे हैं। क्षेत्र में दिन और रात ट्रैक्टर-ट्रॉलियों से रेत निकाली जा रही है। कई घाटों से हो रहा खनन ग्रामीणों के अनुसार बड़वारा थाना क्षेत्र के गुड़ा, देवरी, लेदहर, सकरीगढ़, विलायत खुर्द और भूरसा संगम घाट पर बड़े पैमाने पर अवैध खनन हो रहा है। बिना रॉयल्टी और अनुमति के रेत निकाली जा रही है और उसे अलग-अलग स्थानों पर डंप कर ऊंचे दामों पर बेचा जा रहा है। ग्रामीणों ने जताई नाराजगी स्थानीय ग्रामीण विजय कुमार, दीपक सिंह और संतोष कुमार ने बताया कि रेत से भरी ट्रैक्टर-ट्रॉलियां गांवों के बीच से बेरोकटोक गुजरती हैं। उनका कहना है कि कई बार शिकायत करने के बावजूद कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई। ग्रामीणों के अनुसार कार्रवाई केवल औपचारिकता तक सीमित रहती है। पर्यावरण पर असर की आशंका ग्रामीणों ने चिंता जताई है कि लगातार हो रहे रेत खनन से महानदी का प्राकृतिक स्वरूप प्रभावित हो रहा है। इसके साथ ही जलस्तर गिरने का खतरा भी बढ़ रहा है, जिससे भविष्य में गंभीर समस्या पैदा हो सकती है। जांच का आश्वासन जिला खनिज अधिकारी रत्नेश दीक्षित ने बताया कि बड़वारा क्षेत्र में अवैध रेत भंडारण की सूचना मिली है। उन्होंने कहा कि जांच के लिए टीम को मौके पर भेजा जा रहा है। जांच में यदि अवैध उत्खनन या भंडारण पाया जाता है तो संबंधित लोगों पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
छत्तीसगढ़ के गौरेला-पेंड्रा-मरवाही में सराफा व्यापारी प्रदीप सोनी की हत्या के मामले में एक नया मोड़ आया है। मृतक के छोटे भाई मनोज सोनी के मोबाइल पर एक अज्ञात नंबर से वॉट्सएप मैसेज आया है, जिसमें एक शख्स ने हत्या की जिम्मेदारी लेने का दावा किया है। मैसेज में उसने लिखा है, 'प्रदीप कुमार सोनी की गोली मारकर हत्या मैंने की है…जो करना है कर लो। हालांकि, इसके तुरंत बाद उसी नंबर से एक और मैसेज आया, जिसमें लिखा था, 'सॉरी भैया, थोड़ा मेंटली डिस्टर्ब हो गया था... बार-बार वही न्यूज देखकर... माफ कर दीजिएगा प्लीज... मैंने कुछ नहीं किया।' इस मैसेज के बाद परिवार में फिर से डर का माहौल है। मनोज सोनी ने तुरंत पेंड्रा थाने में शिकायत दर्ज कराकर अज्ञात नंबर की जांच और आरोपी पर कार्रवाई की मांग की है। पुलिस ने मामला दर्ज कर साइबर सेल की मदद से नंबर और मैसेज भेजने वाले की तलाश शुरू कर दी है। पुलिस इस बात की भी जांच कर रही है कि यह मैसेज असली आरोपी ने भेजा है या फिर कोई जांच को गुमराह करने की कोशिश कर रहा है। इस बीच, बिहार एसटीएफ और छत्तीसगढ़ पुलिस की संयुक्त टीम ने मुख्य शूटर को झारखंड से गिरफ्तार कर लिया है, जिससे पूछताछ जारी है। इस मामले में अब तक कुल चार आरोपियों की गिरफ्तारी हो चुकी है, जबकि कुछ अन्य आरोपी अभी भी फरार हैं। इस वॉट्सएप मैसेज के सामने आने के बाद पुलिस ने फरार आरोपियों की तलाश और जांच तेज कर दी है। मास्टरमाइंड सहित 3 आरोपी गिरफ्तार पुलिस के मुताबिक, इस वारदात का मास्टरमाइंड बिलासपुर जिले के बिटकुला गांव का रहने वाला खुशीराम साहू है। उसने बाजार में सोना-चांदी व्यापारियों की रेकी कर पूरी साजिश रची थी। इस काम में उसके भतीजे राजाराम साहू ने भी मदद की। खुशीराम ने बिहार और झारखंड में अपने परिचित राहुल के जरिए शूटर बुलाए थे। राहुल अपने साथी संजय और राजू के साथ बिहार से आया और सभी ने मिलकर लूट और हत्या की वारदात को अंजाम दिया। घटना के बाद आरोपी देवरीखुर्द स्थित गया प्रसाद रजक के घर पहुंचे, जहां लूटे गए सोने-चांदी के आभूषणों का बंटवारा किया गया। पुलिस ने तकनीकी साक्ष्यों और मुखबिर की सूचना के आधार पर खुशीराम साहू, राजाराम साहू और गया प्रसाद रजक को गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार आरोपियों के कब्जे से एक देसी कट्टा, दो जिंदा कारतूस, लूटे गए आभूषण और तीन मोबाइल फोन बरामद किए गए हैं। वहीं, फरार शूटर राहुल, संजय और राजू की तलाश जारी है। उनकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीमों को दूसरे राज्यों में भेजा गया है। जानिए क्या है पूरा मामला जानकारी के अनुसार, मंगलवार (26 मई) शाम करीब 7 बजे 3 आरोपी एक पल्सर पर सवार होकर आए थे। बदमाशों ने सर्राफा व्यापारी प्रदीप सोनी को बेहद करीब से गोली मारी थी। दाहिने तरफ सीने में गोली लगी थी। सूचना मिलते ही कोटमी चौकी पुलिस मौके पर पहुंची। गंभीर रूप से घायल प्रदीप सोनी को तत्काल जिला अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। पुलिस ने घटना स्थल को सील कर दिया है। मौके से खून के धब्बे और खाली कारतूस बरामद किए गए थे। बिलासपुर का खुशीराम निकला मास्टरमाइंड पुलिस जांच में सामने आया है कि बिलासपुर जिले के बिटकुला निवासी खुशीराम सही पूरे हत्याकांड का मास्टरमाइंड था। उसने अपने साथियों के साथ मिलकर कोटमी बाजार स्थित ज्वेलरी कारोबारी की पहले रेकी की और फिर लूट की योजना बनाई। बिहार- झारखंड से बुलाए गए थे शूटर जांच में यह भी खुलासा हुआ है कि खुशीराम ने वारदात को अंजाम देने के लिए बिहार से तीन शूटर बुलाए थे। इन्हीं शूटरों ने सर्राफा व्यापारी प्रदीप सोनी की गोली मारकर हत्या की और लूट की घटना को अंजाम दिया। घटना के बाद सभी आरोपी अलग-अलग दिशाओं में फरार हो गए थे। लूट के सामान का किया गया बंटवारा पुलिस के अनुसार, वारदात के बाद आरोपी देवरीकला निवासी गया प्रसाद रजक के घर पहुंचे थे, जहां लूटे गए जेवर और अन्य सामान का आपस में बंटवारा किया गया। जांच के दौरान इस संबंध में सबूत भी मिले हैं। …………………….. इससे जुड़ी ये खबर भी पढ़ें… पेंड्रा सर्राफा व्यापारी हत्याकांड, मास्टरमाइंड समेत 3 गिरफ्तार:गोली मारने वाले बिहार-झारखंड के 3 शूटर फरार, कट्टा-कारतूस और लूटे गए जेवरात बरामद छत्तीसगढ़ के गौरेला-पेंड्रा-मरवाही जिले में सर्राफा व्यापारी प्रदीप सोनी हत्याकांड का पुलिस ने खुलासा कर दिया है। मास्टरमाइंड सहित 3 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है, जबकि घटना को अंजाम देने वाले बिहार-झारखंड के 3 शूटर अभी फरार हैं। पढ़ें पूरी खबर…
सम्भल के मोहल्ला नाला स्थित हजरत शेख पचासा मियां की दरगाह पर 137वें उर्स और पांच दिवसीय मेले का शनिवार सुबह समापन हो गया। पारंपरिक धार्मिक रस्मों और कुल शरीफ के साथ यह आयोजन संपन्न हुआ। अंतिम दिन दरगाह परिसर में बड़ी संख्या में अकीदतमंद उमड़े। उर्स के दौरान महफिल-ए-समा मुख्य आकर्षण का केंद्र रही। इसमें प्रसिद्ध कव्वाल शब्बू शादाब और मुंबई से आए जुनैद सुल्तानी ने अपने सूफियाना कलाम पेश किए। उन्होंने आज रंग है शेख पचासा मियां के घर रंग है री, अली मौला अली मौला, तेरी रहमतों का दरिया और शेख पचासा मियां तोरा मेला बिछड़ा ही जाए जैसी कव्वालियां सुनाईं, जिन पर अकीदतमंदों ने झूमकर आनंद लिया। यह महफिल देर रात तक चली। समापन अवसर पर देश और दुनिया में अमन, शांति, भाईचारे और खुशहाली के लिए विशेष दुआएं की गईं। हजारों श्रद्धालुओं ने इंसानियत, सौहार्द और तरक्की की कामना की। इसके बाद दरगाह पर तबर्रुक (प्रसाद) वितरित किया गया। इस उर्स में दिल्ली, मुंबई, अहमदाबाद, अमरोहा, अलीगढ़, मुरादाबाद सहित विभिन्न शहरों से बड़ी संख्या में जायरीन और अकीदतमंद पहुंचे। दूर-दराज से आए श्रद्धालुओं ने दरगाह पर हाजिरी दी और अपनी मन्नतें मांगीं। उर्स एवं मेला कमेटी के अध्यक्ष हाजी अकील साबरी ने बताया कि पांच दिवसीय उर्स के सभी कार्यक्रम शांतिपूर्ण और सफलतापूर्वक संपन्न हुए। उन्होंने इसमें शामिल होने वाले सभी श्रद्धालुओं, कमेटी सदस्यों, मोहल्लावासियों और प्रशासन का आभार व्यक्त किया। कार्यक्रम को सफल बनाने में शाह आलम कुरैशी, सरफराज कुरैशी, जाहिद हुसैन, शमीम अहमद, सुब्हान, फुरकान, इज्बाबुन नबी और महफूज इलाही सहित कई लोगों का विशेष योगदान रहा। समापन के साथ ही अगले वर्ष इसी अकीदत और उत्साह के साथ पुनः मिलने का संदेश दिया गया।
हनुमानगढ़ जिला मुख्यालय पर कलेक्ट्रेट के सामने शनिवार (6 जून) को किसान महापड़ाव डालेंगे। इसको देखते हुए पुलिस-प्रशासन ने कलेक्ट्रेट परिसर के आसपास डबल लेयर की बेरिकेडिंग की है। साथ ही कलेक्ट्रेट की ओर आने वाली गलियों को भी ब्लॉक कर दिया गया है। किसानों के बैठने के लिए शामियाना लगाने का काम भी जारी है। यह महापड़ाव संयुक्त किसान मोर्चा द्वारा गेहूं की सरकारी खरीद सीमा बढ़ाने की मांग को लेकर बुलाया गया है। किसान संगठन सरकार से पूरी उपज की न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) पर खरीद की मांग कर रहे हैं। आंदोलन से जुड़े माकपा नेता रघुवीर वर्मा ने बताया कि सुबह करीब 10 बजे से किसान, मजदूर और अन्य लोग कलेक्ट्रेट पर जुटना शुरू हो जाएंगे। वर्मा ने स्पष्ट किया कि किसानों की उपज का एक-एक दाना एमएसपी पर बिकने तक आंदोलन जारी रहेगा। किसान लगातार कर रहे आंदोलन इससे पहले भी जिला मुख्यालय के अलावा पीलीबंगा, गोलूवाला और तलवाड़ा सहित कई स्थानों पर गेहूं खरीद को लेकर किसान आंदोलन कर चुके हैं। पीलीबंगा में तो किसानों ने रेलवे ट्रैक पर भी धरना दिया था। उस समय प्रशासन ने खरीद संबंधी नियमों में कुछ राहत देने और लक्ष्य बढ़ाने का आश्वासन दिया था। गेहूं बेचने से वंचित रहे किसानों के कारण जोर पकड़ रहा आंदोलन हालांकि, सरकार ने शुक्रवार शाम को इस संबंध में लिखित आदेश भी जारी किए हैं, लेकिन किसान इस राहत से संतुष्ट नहीं हैं। इस साल राज्य सरकार ने 150 रुपए प्रति क्विंटल बोनस भी घोषित किया है। ऐसे में एमएसपी पर गेहूं बेचने से वंचित रहने वाले किसानों को बड़ा आर्थिक नुकसान उठाना पड़ेगा, जिसके कारण यह आंदोलन लगातार जोर पकड़ रहा है। इस बार खरीद शुरू से ही विवादों में रही इस साल गेहूं की सरकारी खरीद शुरू से ही विवादों में रही। पहले एफसीआई के साथ अन्य खरीद एजेंसियों को जोड़ने का विरोध हुआ। इसके बाद ऑनलाइन स्लॉट बुकिंग और बायोमेट्रिक वेरीफिकेशन के चलते किसान परेशान रहे। इन तकनीकी समस्याओं से निजात मिली तो धानका समाज की ओर से मंडियों में हड़ताल की गई। यह आंदोलन खत्म हुआ तो बारदाना की कमी सामने आई और आखिरकार पूरी गेहूं खरीदने से पहले ही समयसीमा समाप्त हो गई। इस साल गेहूं का उत्पादन बढ़ने के बावजूद खरीद के लक्ष्य नहीं बढ़े। सरकारी आंकड़ों को भी देखें तो जिले में समर्थन मूल्य पर गेहूं बेचने के लिए कुल 86 हजार 300 किसानों ने पंजीयन करवाया है। अब तक लगभग 60 हजार किसानों से गेहूं की खरीद की गई है। अब सरकार द्वारा लक्ष्य बढ़ाए जाने और शुक्रवार को राहत दिए जाने के बाद करीब 8 हजार किसानों को लाभ मिलने की बात कही गई है। अन्य रजिस्ट्रेशन करवाने वाले किसान किस तरह उपज बेच पाएंगे इसको लेकर कोई स्थिति स्पष्ट नहीं है।
पश्चिम बंगाल के नेता प्रतिपक्ष शुभेंदु अधिकारी के निजी सहायक (पीए) चंद्रनाथ रथ हत्याकांड की जांच कर रही सीबीआई को बड़ी सफलता मिली है। सीबीआई टीम ने लखनऊ के एक होटल से मामले के एक और आरोपित विकास मिश्रा को गिरफ्तार किया है। दो दिनों के भीतर यह दूसरी गिरफ्तारी है। इससे पहले बलिया से गोलू सिंह को पकड़ा गया था। लखनऊ के होटल से विकास मिश्रा गिरफ्तार केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) की टीम ने शुक्रवार को लखनऊ के एक होटल में दबिश देकर विकास मिश्रा को गिरफ्तार किया। अधिकारियों के मुताबिक, वह हत्याकांड के आरोपितों में शामिल है और काफी समय से एजेंसी की निगरानी में था। दो दिन में दूसरी गिरफ्तारी इससे पहले सीबीआई ने बुधवार रात बलिया से गोलू सिंह को गिरफ्तार किया था। लगातार दो गिरफ्तारियों से जांच एजेंसी को मामले में अहम सुराग मिलने की उम्मीद है। गिरफ्तार दोनों आरोपितों को सीबीआई की विशेष अदालत में पेश किया जाएगा। ज्ञानेंद्र सिंह को ट्रांजिट रिमांड पर कोलकाता ले गई सीबीआई उधर, हिस्ट्रीशीटर ज्ञानेंद्र सिंह के आत्मसमर्पण के बाद सीबीआई उसे ट्रांजिट रिमांड पर लेकर पश्चिम बंगाल रवाना हो गई है। ज्ञानेंद्र सिंह के खिलाफ 12 आपराधिक मामले दर्ज हैं। एजेंसी को उम्मीद है कि उससे पूछताछ में हत्या की साजिश और हथियारों की आपूर्ति से जुड़े कई अहम तथ्य सामने आएंगे। हथियार और वाहन के नेटवर्क की जांच में जुटी एजेंसी सीबीआई यह पता लगाने में जुटी है कि हत्या में इस्तेमाल किए गए हथियार आरोपितों तक कैसे पहुंचे और वारदात में प्रयुक्त वाहन को पश्चिम बंगाल तक किस नेटवर्क के जरिए पहुंचाया गया। एजेंसी शूटरों और उनके सहयोगियों के बीच संपर्कों की भी पड़ताल कर रही है। छह मई को हुई थी चंद्रनाथ रथ की हत्या छह मई को पश्चिम बंगाल के मध्यग्राम इलाके में शुभेंदु अधिकारी के पीए चंद्रनाथ रथ की सरेआम गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। मामले की गंभीरता को देखते हुए सीबीआई ने पश्चिम बंगाल पुलिस से जांच अपने हाथ में लेकर एफआईआर दर्ज की थी। एजेंसी ने दिल्ली स्थित विशेष अपराध शाखा के डीआईजी के नेतृत्व में सात सदस्यीय विशेष जांच दल (एसआईटी) का गठन किया है, जो हत्याकांड की विभिन्न कड़ियों की जांच कर रहा है।
अमेरिका में कार्यरत बीएचयू के पूर्व छात्रों के संगठन ‘बीएचयू अमेरिका फाउंडेशन’ ने शुक्रवार को मातृसंस्था के साथ समझौते पर हस्ताक्षर किए। इसके तहत फाउंडेशन भौतिकी विभाग के पूर्व आचार्य ‘ब्रज किशोर तिवारी’ की याद में नौ छात्रवृत्तियों की शुरुआत करेगा। एक सदस्य ने इसी साल से छात्रवृत्ति शुरू करने के लिए 45.75 लाख रुपये का प्रतिदान दिया है। उन्होंने अपनी पहचान गोपनीय रखी है। समझौते के तहत भौतिकी विभाग के मेधावी और कमजोर आर्थिक पृष्ठभूमि वाले नौ छात्रों को 25 हजार रुपये वार्षिक छात्रवृत्ति प्रदान की जाएगी। छात्रवृत्ति की शुरुआत इसी वर्ष से होगी। पहले साल में तीन छात्रों को यह धनराशि प्रदान की जाएगी। इस वर्ष आने वाले छात्रों को मिलेगा लाभ शैक्षणिक सत्र 2026-27 से यह छात्रवृत्ति प्रतिवर्ष एमएससी भौतिकी कार्यक्रम में नामांकित विद्यार्थियों को प्रदान की जाएगी। इस योजना के अंतर्गत ओपन मेरिट, आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग और अनुसूचित जाति-जनजाति और अन्य पिछड़ा वर्ग श्रेणियों के विद्यार्थियों को लाभ मिलेगा। साथ ही छात्राओं का समुचित प्रतिनिधित्व भी सुनिश्चित किया गया है। राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 के अंतर्गत एक वर्षीय स्नातकोत्तर कार्यक्रम लागू होने के बाद भी यह छात्रवृत्ति योजना जारी रहेगी। कौन थे बीकेटी स्व. ब्रज किशोर तिवारी बीएचयू के भौतिकी विभाग में 1940-42 तक छात्र रहे। इसके बाद 1944 से 1979 तक उन्होंने प्राध्यापक के रूप में सेवाएं दीं। अपने छात्रों के बीच बीकेटी के नाम से विख्यात स्व. ब्रज किशोर तिवारी पूर्वी उत्तर प्रदेश के एक मध्यमवर्गीय कृषक परिवार से थे। वे अपने गांव और आसपास के क्षेत्र के पहले व्यक्ति थे जिन्होंने एमएससी की उपाधि प्राप्त की और बीएचयू में अध्यापन किया। उनके अनेक विद्यार्थी उन्हें अपना मार्गदर्शक मानते थे और स्नातक होने के बाद भी व्यक्तिगत परामर्श के लिए उनके घर आते रहते थे।
सतना जिले की नागौद जनपद पंचायत के अंतर्गत ग्राम पंचायत रहिकवारा में संबल योजना में बड़े घोटाले का भंडाफोड़ हुआ है। यहां के रोजगार सहायक और तत्कालीन प्रभारी सचिव बृजकिशोर कुशवाहा के खिलाफ जीवित व्यक्तियों को मृत बताकर सरकारी राशि गबन करने के आरोप में एफआईआर दर्ज की गई है। नागौद थाना पुलिस ने यह कार्रवाई खंड पंचायत अधिकारी विजयेन्द्र प्रताप सिंह की आधिकारिक शिकायत पर की है। आरोपी बृजकिशोर कुशवाहा पर आरोप है कि उसने फर्जीवाड़ा कर गांव के दो जीवित व्यक्तियों- सज्जन चौधरी और गनपत कुशवाहा को मृत दर्शा दिया। इसके बाद उनके नाम पर मिलने वाली अंत्येष्टि और अनुग्रह सहायता राशि निकाल कर हड़प ली। इसके अलावा, एक अन्य मामले में मृतक रामचरण चौधरी की संबल सहायता राशि उनके असली उत्तराधिकारी को देने के बजाय किसी अन्य व्यक्ति के बैंक खाते में ट्रांसफर कर दी गई। कलेक्टर के निर्देश पर 3 सदस्यीय टीम ने की थी जांचइस पूरे फर्जीवाड़े का खुलासा 'दैनिक भास्कर' ने गुरुवार को खबर प्रकाशित कर किया था। इसके बाद मामले की शिकायत सतना कलेक्टर डॉ. सतीश कुमार एस तक पहुंची। मामले की गंभीरता को देखते हुए कलेक्टर ने जिला पंचायत सीईओ को जांच के निर्देश दिए थे, जिसके बाद एक तीन सदस्यीय जांच टीम का गठन किया गया था। फर्जी मृत्यु प्रमाण पत्र और पासबुक बनाकर खुद किया प्रमाणीकरणजांच टीम ने अपनी विस्तृत पड़ताल में घोटाले की शिकायत को पूरी तरह सही पाया। जांच रिपोर्ट में यह तथ्य सामने आया कि आरोपी ने सरकारी पैसे का गबन करने के लिए फर्जीवाड़े की सारी हदें पार कर दी थीं। आरोपी तत्कालीन सचिव बृजकिशोर कुशवाहा ने न सिर्फ जीवित व्यक्तियों के फर्जी मृत्यु प्रमाण पत्र बनाए, बल्कि कूटरचित बैंक पासबुक दस्तावेजों और फर्जी आवेदन पत्रों का प्रमाणीकरण भी खुद ही किया था। रिपोर्ट के आधार पर पुलिस अब आगे की कानूनी कार्रवाई में जुट गई है।
एमपी को वैश्विक निवेश और व्यापार के प्रमुख केंद्र के रूप में स्थापित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए “भारत-लैटिन अमेरिका एवं कैरेबियन व्यापार एवं निवेश मंच-2026” का आयोजन आज 6 जून को इंदौर के रेडिसन होटल में होगा। इस अंतरराष्ट्रीय फोरम का आयोजन मध्यप्रदेश औद्योगिक विकास निगम (MPIDC) और ग्लोबल इंडिया बिजनेस फोरम (GIBF) के संयुक्त सहयोग से किया जा रहा है। कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव सुबह 11 बजे करेंगे। मंच पर लैटिन अमेरिका एवं कैरेबियन क्षेत्र के 15 से अधिक देशों के राजदूत, उच्चायुक्त, राजनयिक प्रतिनिधि, निवेशक, उद्योगपति, निर्यातक, व्यापारिक संगठन और वरिष्ठ शासकीय अधिकारी शामिल होंगे। आयोजन में 350 से अधिक प्रतिनिधियों की भागीदारी प्रस्तावित है। व्यापार और निवेश संबंधों को मिलेगी नई दिशा यह मंच भारत और लैटिन अमेरिका- कैरेबियन देशों के बीच व्यापारिक, औद्योगिक और निवेश संबंधों को मजबूत करने के उद्देश्य से आयोजित किया जा रहा है। इसके माध्यम से मध्यप्रदेश को वैश्विक निवेशकों के सामने एक आकर्षक औद्योगिक और निर्यात गंतव्य के रूप में प्रस्तुत किया जाएगा प्रदेश सरकार का मानना है कि यह आयोजन अंतरराष्ट्रीय निवेश आकर्षित करने, निर्यात बढ़ाने और रोजगार के नए अवसर सृजित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। 19% बढ़ा निर्यात मध्य प्रदेश और लैटिन अमेरिका- कैरेबियन देशों के बीच व्यापारिक संबंध लगातार मजबूत हो रहे हैं। वित्तीय वर्ष 2025-26 में राज्य से इस क्षेत्र के देशों को लगभग 3,835 करोड़ रुपए का निर्यात हुआ, जो पिछले वर्ष की तुलना में 19 प्रतिशत अधिक है। प्रदेश के फार्मास्यूटिकल्स, इंजीनियरिंग, कृषि आधारित उत्पाद, पैकेजिंग और विनिर्माण क्षेत्र के उत्पाद 33 से अधिक देशों तक पहुंच रहे हैं। ब्राजील, मैक्सिको, चिली सहित कई देश मध्यप्रदेश के प्रमुख व्यापारिक साझेदार बनकर उभरे हैं। निवेश संभावनाओं पर होंगी विशेष प्रस्तुतियां फोरम के दौरान विभिन्न देशों के राजनयिक प्रतिनिधि अपने-अपने देशों में निवेश और व्यापार की संभावनाओं पर प्रस्तुति देंगे। साथ ही व्यापार, विनिर्माण, कृषि, ऊर्जा, स्वास्थ्य सेवा, सूचना प्रौद्योगिकी, पर्यटन, फिनटेक और सतत विकास जैसे विषयों पर विशेष सत्र आयोजित किए जाएंगे। इसके अलावा निवेशकों, उद्योग प्रतिनिधियों और सरकारी एजेंसियों के बीच बी-टू-बी (B2B) तथा बी-टू-जी (B2G) बैठकें भी होंगी, जिससे नए व्यापारिक और निवेश समझौतों का मार्ग प्रशस्त हो सकेगा। कार्यक्रम की रूप रेखा- मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव द्वारा उद्घाटन।- राजनयिक समुदाय का सम्मान।- GRULAC (लैटिन अमेरिका एवं कैरेबियन समूह) के प्रतिनिधि का विशेष संबोधन।- भारत-लैटिन अमेरिका एवं कैरेबियन विशेष संस्करण का विमोचन।- MPIDC द्वारा मध्यप्रदेश की निवेश संभावनाओं पर प्रस्तुति।- व्यापार एवं निवेश अवसरों पर पैनल चर्चा।- फार्मा, ऑटोमोबाइल, टेक्सटाइल और फूड प्रोसेसिंग क्षेत्र पर विशेष सत्र।- आईटी, पर्यटन, फिनटेक और शिक्षा क्षेत्र में सहयोग की संभावनाओं पर विमर्श।- निवेशकों और उद्योग जगत के प्रतिनिधियों के साथ B2B एवं B2G बैठकें। वैश्विक पहचान को मिलेगी मजबूती राज्य सरकार के अनुसार यह आयोजन मध्यप्रदेश को अंतरराष्ट्रीय निवेश मानचित्र पर नई पहचान दिलाने के साथ-साथ विदेशी निवेश, निर्यात वृद्धि और औद्योगिक विकास के नए अवसर उपलब्ध कराएगा। इंदौर में आयोजित होने वाला यह फोरम भारत और लैटिन अमेरिका- कैरेबियन देशों के बीच आर्थिक सहयोग का एक महत्वपूर्ण मंच साबित हो सकता है।
छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले में इन दिनों खाकी और छत्तीसगढ़ क्रांति सेना के बीच शुरू हुआ विवाद अब सोशल मीडिया तक पहुंच गया है। इंस्टाग्राम पर वीडियो पोस्ट कर एक युवक ने भिलाई नगर सीएसपी (CSP) सत्यप्रकाश तिवारी को सीधे और खुली धमकी दी है। उसने कहा कि, अगर सच में हिम्मत है तो वर्दी उतारकर सामने आओ और पहले एक छत्तीसगढ़िया से निपटकर दिखाओ। इस वीडियो को सोशल मीडिया पर 2 लाख से ज्यादा बार देखा जा चुका है। हालांकि, इस संवेदनशील मामले पर दुर्ग पुलिस की ओर से फिलहाल कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है। जानिए रील में क्या बोला युवक इंस्टाग्राम पर अपलोड किए गए इस वायरल वीडियो में युवक सीधे भिलाई नगर सीएसपी सत्यप्रकाश तिवारी को टारगेट कर रहा है। उसने कहा कि, मैं सीएसपी सत्यप्रकाश से कहना चाहता हूं, अगर आपमें वाकई में हिम्मत है तो वर्दी को उतारकर आओ। उसने कहा कि, 1760 से निपटने की जरूरत नहीं है, पहले एक ही छत्तीसगढ़िया से निपटकर दिखाओ। इतना ही घमंड है न वर्दी का तो कभी सच के लिए लड़ के भी दिखाओ। जोहार। युवक का आरोप- पुलिस ने मुझे बेवजह थप्पड़ मारा धमकी देने वाला यह युवक दुर्ग जिले के डोमा गांव का रहने वाला बताया जा रहा है। उसने वीडियो में सीएसपी को चुनौती देने के पीछे की वजह भी बताई है। युवक का दावा है कि करीब एक हफ्ते पहले रात साढ़े 9 बजे वह अपने दोस्तों के साथ गांव के पास बैठा था। तभी पुलिस की पेट्रोलिंग गाड़ी वहां पहुंची और पुलिसकर्मियों ने डंडा दिखाकर सबको खदेड़ दिया। युवक के मुताबिक, वह कोई नशा या गलत काम नहीं कर रहा था, इसलिए वहीं रुका रहा, लेकिन पुलिसकर्मियों ने उसे बेवजह एक जोरदार थप्पड़ जड़ दिया। भिलाई के स्मृति नगर चौकी से शुरू हुआ है पूरा विवाद बता दें कि, यह पूरा विवाद स्मृति नगर चौकी में हुए हंगामे के बाद शुरू हुआ। शंकराचार्य अस्पताल में डॉक्टर और कर्मचारी के बीच विवाद हुआ था। मामला पुलिस तक पहुंचने के बाद छत्तीसगढ़ क्रांति सेना के पदाधिकारी जिला उपाध्यक्ष चेतन चंदेल के नेतृत्व में स्मृति नगर चौकी पहुंचे थे और डॉक्टर पर कार्रवाई की मांग कर रहे थे। उसी समय सीएसपी सत्यप्रकाश तिवारी किसी दूसरे मामले में दोनों पक्षों की बैठक ले रहे थे। पुलिस की ओर से क्रांति सेना के पदाधिकारियों से कुछ देर इंतजार करने को कहा गया था। इसके बाद चौकी में नारेबाजी और हंगामा शुरू हो गया। सीएसपी और पदाधिकारियों के बीच बहस हो गई। सीएसपी ने कहा- ऐसी कोई बात वहां पर नहीं हुई छत्तीसगढ़ क्रांति सेना की ओर से यह बात सोशल मीडिया प्रचारित की जा रही है कि, सीएसपी सत्यप्रकाश तिवारी ने कहा था कि अगर वह वर्दी उतार दूं तो तुम जैसे 1760 छत्तीसगढ़िया को निपटा दूं। जबकि सीएसपी सत्यप्रकाश तिवारी ने ऐसे किसी भी बयान से इनकार किया है। उनका कहना है कि, यह पूरी तरह अफवाह है। उन्होंने ऐसी कोई बात नहीं कही। वे संगठन के पदाधिकारियों को समझा रहे थे, लेकिन उन्होंने थाना में दुर्व्यवहार किया था। जिसके बाद उनके ऊपर शासकीय कार्य में बाधा और अन्य धाराओं में केस दर्ज किया गया था। सोशल मीडिया पर क्रांति सेना चला रही कैंपेन स्मृति नगर चौकी में क्रांति सेना और पुलिस के बीच हुई बहसबाजी के बाद सोशल मीडिया पर क्रांति सेना की ओर से लगातार पोस्टर बनाकर वायरल किया जा रहा है। इसके अलावा क्रांति सेना से जुड़े लोग भी सोशल मीडिया पर लगातार बयानबाजी कर रहे हैं। कुछ दिन पहले ही दुर्ग पुलिस ने ऑनलाइन सट्टा के मामले में जिला उपाध्यक्ष चेतन चंदेल को जेल भेजा है। इस कार्रवाई को भी क्रांति सेना के पदाधिकारी बदले की कार्रवाई बता रहे हैं। …………………………. इससे संबंधित यह खबर भी पढ़िए… भिलाई में क्रांति सेना कार्यकर्ताओं पर केस दर्ज:डॉक्टर पर कार्रवाई की मांग को लेकर पहुंचे थे, थाने में घुसकर नारेबाजी, पुलिसकर्मियों से हुई बहस भिलाई में शंकराचार्य मेडिकल कॉलेज के डॉक्टर के खिलाफ कार्रवाई की मांग को लेकर पहुंचे छत्तीसगढ़ क्रांति सेना के पदाधिकारियों पर पुलिस ने केस दर्ज किया है। आरोप है कि संगठन के पदाधिकारी चेतन चंदेल और उनके साथ आए कार्यकर्ताओं ने स्मृति नगर चौकी परिसर में घुसकर नारेबाजी की। पढ़ें पूरी खबर…
संभल में धूप और उमस ने बढ़ाई परेशानी:तापमान 40 डिग्री तक पहुंचने के आसार, बारिश से किसानों को राहत
संभल में शनिवार को मौसम ने फिर करवट ली है। सुबह से तेज धूप और गर्म हवाओं के कारण उमस भरी गर्मी ने लोगों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। मौसम विभाग के अनुसार दोपहर में तापमान 40 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच सकता है। सुबह 8 बजे जिले का तापमान 32 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। मौसम के पूर्वानुमान के अनुसार दोपहर 12 बजे से शाम 6 बजे के बीच अधिकतम तापमान 40 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच सकता है। यह शुक्रवार की तुलना में करीब 3 डिग्री अधिक है। शाम 7 बजे के बाद तापमान में गिरावट आने की संभावना है और यह 37 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच सकता है। सुबह से 12 से 20 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से गर्म हवाएं चल रही हैं। धूप और नमी के कारण लोगों को उमस का सामना करना पड़ रहा है। बाजारों और सार्वजनिक स्थानों पर भी लोग गर्मी से बेहाल नजर आए। शुक्रवार को दिनभर बादल छाए रहने और ठंडी हवाएं चलने के बावजूद बारिश नहीं हुई थी। मौसम विशेषज्ञों का मानना है कि इसी वजह से वातावरण में नमी बढ़ गई और शनिवार को उमस अधिक महसूस की जा रही है। हालांकि जून माह की शुरुआत अपेक्षाकृत सुहावने मौसम के साथ हुई थी। पिछले चार दिनों में हुई बारिश से तापमान में कमी आई थी और किसानों को भी राहत मिली थी। बारिश का लाभ मैंथा, मक्का, चरी और गन्ने की फसलों को मिला है। साथ ही धान की बुवाई की तैयारी कर रहे किसानों के लिए भी यह मौसम अनुकूल माना जा रहा है। इस वर्ष नौतपा का प्रभाव जिले में अपेक्षाकृत कम देखने को मिला। पिछले पांच दिनों में 25 मिलीमीटर से अधिक वर्षा दर्ज की गई है। मौसम विभाग के अनुसार पश्चिमी उत्तर प्रदेश में 25 जून के आसपास मानसून की दस्तक होने की संभावना है। सभासद अनीस अहमद ने बताया कि बारिश से गर्मी में कुछ राहत जरूर मिली है, लेकिन उमस अब भी लोगों को परेशान कर रही है। उन्होंने कहा कि पिछले महीने पड़ी भीषण गर्मी की तुलना में मौसम बेहतर हुआ है, फिर भी नमी के कारण लोगों को असहजता महसूस हो रही है।
पीलीभीत में सहकारी गन्ना विकास समिति में वित्तीय अनियमितता और पद के दुरुपयोग का एक गंभीर मामला सामने आया है। जिला गन्ना अधिकारी ने इस मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच के लिए तीन सदस्यीय विशेष टीम का गठन किया है। यह कार्रवाई गायबोझ निवासी शिवनारायण सिंह द्वारा आयुक्त गन्ना एवं चीनी से की गई शिकायत के बाद शुरू हुई है। शिकायतकर्ता का आरोप है कि समिति के लिपिक मुनेंद्र कुमार वर्मा ने उर्वरक व कीटनाशक कंपनियों से समिति को मिलने वाली प्रोत्साहन राशि को सीधे अपने निजी बैंक खाते में स्थानांतरित कर लिया। वित्तीय वर्ष 2021-22 में इफको (IFFCO) से हुई खरीद पर समिति को ₹26,400 की प्रोत्साहन राशि मिलनी थी, जिसे लिपिक ने अपने खाते में ट्रांसफर कर लिया। इस पर ₹1,320 टीडीएस (TDS) भी कटा था। इसी तरह, वित्तीय वर्ष 2023-24 में इफको, कृभको और कृभको एमवी से मिली कुल ₹1,11,703 की राशि समिति के खाते में जमा होने के बजाय उनके निजी खाते में डाल ली गई। अन्य आरोपों में वर्ष 2024 के गन्ना समिति निर्वाचन के दौरान मतदाता सूची की बिक्री से प्राप्त धनराशि को लेजर या कैश-बुक में दर्ज न कर हड़पने का आरोप शामिल है। साथ ही, नियमों के विरुद्ध बैंकों में एफडीआर (FDR) कराकर व्यक्तिगत कमीशन लेने का भी आरोप है। लिपिक पर पिछले 28 वर्षों की सेवा में से लगभग 25 वर्ष अधिकारियों से सांठगांठ कर पीलीभीत में ही जमे रहने का भी आरोप है। मामले की गहन जांच के लिए जेष्ठ गन्ना अधिकारी पूरनपुर मनीष सिंह को जांच टीम का अध्यक्ष बनाया गया है। इसमें सचिव बीसलपुर राजेश कुमार और पीलीभीत के लेखाकार महेंद्र वर्मा को सदस्य के रूप में शामिल किया गया है। यह टीम बैंक खातों और संबंधित दस्तावेजों की जांच कर अपनी रिपोर्ट सौंपेगी। जिला गन्ना अधिकारी, पीलीभीत, खुशी राम भार्गव ने बताया, सहकारी गन्ना विकास समिति के लिपिक मुनेंद्र कुमार वर्मा के विरुद्ध शिकायतें प्राप्त हुई हैं। मामले की निष्पक्ष जांच के लिए तीन सदस्यीय समिति का गठन कर दिया गया है। जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की सख्त कार्रवाई की जाएगी।
जबलपुर में एक करोड़ रुपए से अधिक के गेहूं घोटाले का खुलासा हुआ है। प्रशासनिक जांच में खरीदी केंद्र प्रभारी, सहायक खाद्य अधिकारी सहित 10 लोगों की भूमिका सामने आने के बाद सभी के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई गई है। मामला मझौली स्थित मां अन्नपूर्णा वेयरहाउस का है, जहां जांच के दौरान 5167.70 क्विंटल गेहूं कम मिला। गायब गेहूं की कीमत करीब 1 करोड़ 37 लाख रुपए आंकी गई है। जांच में किसानों से अवैध वसूली किए जाने का मामला भी सामने आया है। औचक निरीक्षण में मिला था अंतर जानकारी के अनुसार कुछ दिन पहले प्रशासन की टीम ने अचानक मां अन्नपूर्णा वेयरहाउस में निरीक्षण किया था। जांच के दौरान रिकॉर्ड और वास्तविक स्टॉक में बड़ा अंतर मिला। स्टेट सिविल सप्लाइज कॉर्पोरेशन द्वारा 92,250 बारदाने उपलब्ध कराए गए थे, जबकि खरीदी केंद्र में 48,347 क्विंटल गेहूं के हिसाब से ही बारदानों का उपयोग पाया गया। इसके विपरीत पोर्टल पर 96,694 बारदाने अपलोड किए गए थे। जांच में यह भी सामने आया कि एसडीएम ने खरीदी केंद्र प्रभारी को निर्देश दिए थे कि खरीदी के अंतिम दिनों में किसानों की तौल पर्चियों में दर्ज जानकारी को नोडल अधिकारी से प्रमाणित कराया जाए, लेकिन इस प्रक्रिया का पालन नहीं किया गया। आशंका जताई जा रही है कि फर्जी एंट्री करने के उद्देश्य से नियमों की अनदेखी की गई। महिला कर्मचारियों की नहीं हुई नियुक्ति प्रशासनिक जांच में यह भी पाया गया कि शासन के निर्देशानुसार खरीदी कार्य में महिला कर्मचारियों की नियुक्ति होनी थी, लेकिन इसके उलट अमन पांडे और आकाश पांडे को नियम विरुद्ध तरीके से काम में लगाया गया। दोनों खरीदी केंद्र में तुलाई, सिलाई और तौल का काम कर रहे थे। इसके बाद कंप्यूटर ऑपरेटर मयूरी लोधी और शुभम बर्मन पोर्टल पर डेटा अपलोड करते थे। 10 लोगों के खिलाफ मामला दर्ज जिला प्रशासन की शिकायत पर मझौली थाने में 10 लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है। आरोपियों में उपार्जन समिति भूमि ग्राम संगठन की अध्यक्ष एवं खरीदी केंद्र प्रभारी रीना लोधी, शुभम बर्मन, मयूरी लोधी, प्रमोद कुमार मिश्रा, प्रकाश पांडे, आनंद भारसाकले, अमन पांडे, आकाश पांडे, अनिल पटेल और रिंकू साहू शामिल हैं। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। एएसपी सूर्यकांत शर्मा ने बताया कि मझौली पुलिस पूरे फर्जीवाड़े की जांच कर रही है। प्रारंभिक जांच में करीब 1 करोड़ 37 लाख 67 हजार रुपए मूल्य का गेहूं कम पाया गया है।
फिरोजाबाद के एटा रोड स्थित एक निजी अस्पताल में डिलीवरी के दौरान एक महिला की मौत हो गई। परिजनों ने डॉक्टरों पर चिकित्सकीय लापरवाही का आरोप लगाया है और थाना रामगढ़ में शिकायत दर्ज कराई है। पुलिस मामले की जांच में जुट गई है। थाना रामगढ़ क्षेत्र निवासी प्रेमकिशोर ने बताया कि उसने अपनी 30 वर्षीय पत्नी संगीता को प्रसव के लिए श्री सांई संजीवनी हॉस्पिटल में भर्ती कराया था। परिजनों का आरोप है कि अस्पताल प्रशासन ने उपचार से पहले पूरी फीस जमा करा ली थी। इसके बाद महिला का ऑपरेशन किया गया। परिजनों का दावा है कि ऑपरेशन के दौरान बरती गई लापरवाही के कारण संगीता की हालत बिगड़ गई और बाद में उनकी मृत्यु हो गई। महिला ने एक बच्चे को जन्म दिया है जो स्वस्थ है। देखें, 3 तस्वीरें…. मृतका के पति ने थाना रामगढ़ में तहरीर देकर अस्पताल और संबंधित चिकित्सकों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की मांग की है। महिला की मौत के बाद परिजनों में आक्रोश है और वे दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई चाहते हैं। इंस्पेक्टर संजीव कुमार दुबे का कहना है कि मामले की जांच की जा रही है। जांच रिपोर्ट और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। पुलिस ने यह भी बताया कि चिकित्सकीय अभिलेखों और अन्य तथ्यों की जांच के बाद ही मामले की वास्तविक स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।
बस्ती में एक युवक की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। घर में खून के छींटे मिलने के बाद घटना को लेकर हत्या की आशंका जताई जा रही है। पुलिस और फॉरेंसिक टीम ने मौके से साक्ष्य जुटाकर जांच शुरू कर दी है। अनूप चौधरी (30) का विवाह 12 फरवरी को हुआ था। मामला सोनहा थाना क्षेत्र के बसडिलिया गांव का है। जानकारी के अनुसार, शुक्रवार को वह अपनी पत्नी के साथ रुधौली थाना क्षेत्र के मुंगरहा गांव में आयोजित अपने ससुर के ब्रह्मभोज कार्यक्रम में शामिल होने गए थे। कार्यक्रम के बाद देर रात दोनों घर लौट आए। बताया जा रहा है कि घर पहुंचने के बाद किसी बात को लेकर परिवार में विवाद हुआ। इसके कुछ समय बाद अनूप चौधरी की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। घटना की जानकारी मिलते ही परिजनों और ग्रामीणों की भीड़ मौके पर जुट गई। मामले को लेकर गांव में तरह-तरह की चर्चाएं हो रही हैं। हालांकि परिजन फिलहाल खुलकर कुछ भी कहने से बच रहे हैं, लेकिन घटना को लेकर हत्या की आशंका जताई जा रही है। सूचना पर पहुंची पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण किया। घर में खून के छींटे पाए गए, जिन्हें फॉरेंसिक टीम ने साक्ष्य के रूप में संकलित किया है। पुलिस ने मौके से अन्य महत्वपूर्ण साक्ष्य भी जुटाए हैं। थानाध्यक्ष महेश सिंह ने बताया- युवक की मौत के कारणों का पता लगाने के लिए सभी पहलुओं पर जांच की जा रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और फॉरेंसिक जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
सिंगरौली जिले में शुक्रवार रात एक सड़क हादसे में एक युवक की मौत हो गई, जबकि उसका साथी गंभीर रूप से घायल हो गया। घटना कोतवाली थाना क्षेत्र के तियरा गांव के पास हुई, जहां बाइक और हाइवा वाहन की आमने-सामने टक्कर हो गई। पुलिस के अनुसार परसदेही निवासी मनोज शाह (22) और परविंद्र कुमार शाह (23) वेदान क्षेत्र से अपने घर लौट रहे थे। दोनों बाइक क्रमांक एमपी 66 एमएफ 5777 पर सवार थे। इसी दौरान तियरा गांव के पास उनकी बाइक की टक्कर हाइवा वाहन क्रमांक यूपी 64 बीटी 2502 से हो गई। मौके पर गई एक की जान टक्कर इतनी जोरदार थी कि मनोज शाह की घटनास्थल पर ही मौत हो गई। वहीं परविंद्र शाह गंभीर रूप से घायल हो गया। उसके सिर, पैर और शरीर के अन्य हिस्सों में गंभीर चोटें आई हैं। हादसे की सूचना मिलते ही डायल-112 और पुलिस टीम मौके पर पहुंची। घायल युवक को तत्काल अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उसका इलाज जारी है। चिकित्सकों के अनुसार उसकी हालत गंभीर बनी हुई है। अस्पताल पहुंचे परिजन और ग्रामीण घटना की जानकारी मिलते ही मृतक के परिजन और बड़ी संख्या में ग्रामीण अस्पताल पहुंच गए। इस दौरान कुछ लोगों ने व्यवस्थाओं को लेकर चिंता जताई। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर लोगों को समझाइश दी और स्थिति को शांत कराया। पुलिस ने मृतक के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। हादसे के कारणों की जांच की जा रही है और संबंधित वाहन को लेकर भी कार्रवाई की जा रही है। सड़क सुरक्षा को लेकर उठे सवाल घटना के बाद क्षेत्र के लोगों ने जिले में बढ़ते सड़क हादसों पर चिंता जताई है। ग्रामीणों का कहना है कि भारी वाहनों की तेज रफ्तार और लापरवाही के कारण दुर्घटनाएं लगातार बढ़ रही हैं। उन्होंने प्रशासन से सड़क सुरक्षा के लिए प्रभावी कदम उठाने और नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है।
न्यू चंडीगढ़ स्थित महाराजा यादवेंद्र सिंह पंजाब क्रिकेट एसोसिएशन (PCA) स्टेडियम में आज से शुरू होगा। भारतीय टीम सुबह 9:00 बजे मैदान पर पहुंचेगी। 9:30 से मैच शुरू होगा। 6 से 10 जून तक खेला जाएगा भारत-अफगानिस्तान टेस्ट भारत और अफगानिस्तान के बीच 6 से 10 जून तक टेस्ट मैच खेला जाएगा। न्यू चंडीगढ़ स्थित महाराजा यादवेंद्र सिंह पीसीए स्टेडियम पहली बार किसी टेस्ट मैच की मेजबानी करेगा। इसके साथ ही यह भारत का 31वां और पंजाब का तीसरा टेस्ट वेन्यू बन जाएगा। मैच को लेकर क्रिकेट प्रेमियों में खासा उत्साह है। 250 रुपए की थी टिकट पीसीए ने मैच के टिकट 250 रुपए से शुरू रखे थे। खास बात यह है कि एक टिकट पर दर्शक पांचों दिन मैच का आनंद ले सकेंगे। दर्शक अपनी सुविधा के अनुसार पूरे दिन या किसी एक सत्र के दौरान भी स्टेडियम पहुंच सकते हैं। पीसीए ने अभिभावकों से अपील की है कि वे गर्मी की छुट्टियों के दौरान बच्चों को स्टेडियम लाकर अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट का अनुभव दिलाएं, ताकि वे अपने पसंदीदा खिलाड़ियों को मैदान पर खेलते हुए देख सकें। शुभमन गिल करेंगे कप्तानी भारतीय टेस्ट टीम की कमान पंजाब के स्टार बल्लेबाज शुभमन गिल के हाथों में होगी। वहीं पंजाब के ही युवा खिलाड़ी गुरनूर बराड़ भी टीम का हिस्सा हैं। पीसीए ने क्रिकेट प्रशंसकों से बड़ी संख्या में स्टेडियम पहुंचकर भारतीय टीम और पंजाब के खिलाड़ियों का उत्साह बढ़ाने की अपील की है। मुकाबले के दौरान बड़ी संख्या में दर्शकों के पहुंचने की उम्मीद जताई जा रही है।
संभल में सपा के पूर्व नगर अध्यक्ष पर हमला:विवाद शांत कराने गए थे, हमलावरों ने बहन से भी की मारपीट
संभल में समाजवादी पार्टी (सपा) के एससी प्रकोष्ठ के पूर्व नगर अध्यक्ष और वार्ड नंबर-2 के पूर्व सभासद टिंकू सागर पर शुक्रवार देर रात हमला हुआ। यह घटना थाना रायसत्ती क्षेत्र के मोहल्ला हातिम सराय में हुई। बीच-बचाव के दौरान हुई मारपीट में टिंकू सागर घायल हो गए। उन्हें बचाने पहुंची उनकी बहन मधु कुमारी के साथ भी हाथापाई की गई। पुलिस ने दोनों का जिला अस्पताल में मेडिकल परीक्षण कराया है। बताया गया है कि मोहल्ला हातिम सराय में दो पक्षों के बीच लंबे समय से विवाद चल रहा था। शुक्रवार रात करीब 11:45 बजे विवाद बढ़ने की सूचना मिलने पर पूर्व नगर अध्यक्ष टिंकू सागर मौके पर पहुंचे। उन्होंने कहा कि एक जिम्मेदार नागरिक और जनप्रतिनिधि के रूप में वह क्षेत्र में शांति बनाए रखने के उद्देश्य से दोनों पक्षों को समझाने गए थे। उन्होंने घटना की जानकारी पुलिस को भी दी थी। टिंकू सागर का आरोप है कि जब वह विवाद शांत कराने का प्रयास कर रहे थे, तभी ऋतिक, आशीष और निखिल नामक व्यक्तियों ने उन पर हमला कर दिया। आरोप है कि तीनों ने मिलकर उनके साथ मारपीट की, जिससे वह घायल हो गए। शोर सुनकर उनकी बहन मधु कुमारी मौके पर पहुंचीं तो आरोपियों ने उनके साथ भी अभद्रता और हाथापाई की। घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय लोग मौके पर एकत्र हो गए। पुलिस ने दोनों घायलों को उपचार और मेडिकल परीक्षण के लिए जिला अस्पताल भेजा। पीड़ित टिंकू सागर ने तीनों आरोपियों ऋतिक, आशीष और निखिल के खिलाफ नामजद तहरीर देकर कड़ी कार्रवाई की मांग की है। पूर्व नगर अध्यक्ष टिंकू सागर ने कहा कि वह हमेशा क्षेत्र में सामाजिक सौहार्द और शांति कायम रखने का प्रयास करते रहे हैं। ऐसे में विवाद को शांत कराने पहुंचे व्यक्ति पर हमला होना दुर्भाग्यपूर्ण है। उन्होंने पुलिस प्रशासन से आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्यवाही की मांग की है। पुलिस का कहना है कि तहरीर प्राप्त हो गई है और मामले की जांच की जा रही है। जांच और मेडिकल रिपोर्ट के आधार पर आगे की विधिक कार्रवाई की जाएगी। घटना के बाद सपा कार्यकर्ताओं और टिंकू सागर समर्थकों में रोष व्याप्त है।
बाड़मेर गिरल गांव में 55 दिनों से चल रहा मजदूरों का धरना शुक्रवार देर रात समाप्त हो गया। सर्किट हाउस में मंत्री के.के. विश्नोई, पूर्व मंत्री एवं किसान प्रदेशाध्यक्ष की मौजूदगी में करीब एक घंटे चली वार्ता के बाद मांगों पर सहमति बनी। समझौते के बाद धरना खत्म करने की घोषणा की गई और मजदूरों के शनिवार से काम पर लौटने का रास्ता साफ हो गया। वार्ता में स्थानीय विकास कार्यों, रोजगार से जुड़े मुद्दों और क्षेत्र में 34 हजार पौधे लगाने पर भी चर्चा हुई। मंत्री बोले- लंबित मामलों का किया जाएगा निस्तारण मंत्री के.के. विश्नोई ने कहा- मजदूरों की जायज मांग थी, 30 साल पुराने समय से अटके काम धीरे-धीरे करते हुए रह जाती है। उन सब का निस्तारण किया जाएगा। इस इलाके में 34 हजार पेड़-पौधे इस इलाके में लगाए जाएंगे। सीएसआर फंड से इन स्कूलों, समेत स्थानीय विकास कार्यो के लिए लगाए जाएंगे। मजदूर यूनियन ने समाप्त की हड़ताल धरने से जुड़े पूर्व नगर परिषद चेयरमैन बलराम प्रजापत ने कहा कि मजदूर यूनियन और स्थानीय समस्याओं को लेकर राजस्थान सरकार के मंत्री तथा भाजपा पदाधिकारियों के साथ वार्ता हुई। सभी मुद्दों को सुनकर समाधान किया गया है। उन्होंने कहा कि अब किसी प्रकार का विवाद नहीं है और शनिवार से मजदूर वापस काम पर लग जाएंगे। ड्राइवरों सहित सभी श्रमिकों का सहयोग किया जाएगा। विधायक रविंद्र सिंह भाटी ने दी प्रतिक्रिया शिव विधायक रविंद्र सिंह भाटी ने कहा कि वह मजदूरों के हितों के लिए लगातार संघर्ष करते रहेंगे। प्रतिनिधिमंडल के साथ सकारात्मक वार्ता हुई और मजदूरों के हित से जुड़ी मांगों पर सहमति बनी है। उन्होंने कहा कि जनता के लिए उनका संघर्ष आगे भी जारी रहेगा। संवाद की कमी से बढ़ा था विवाद मंत्री के.के. विश्नोई ने कहा कि कई छोटी-छोटी बातें समय के साथ इकट्ठी होती गईं और धरने का रूप ले लिया। उन्होंने कहा कि यह उनके अपने लोग हैं और बातचीत के जरिए मामला सुलझा लिया गया है। करीब डेढ़ महीने बाद फिर बैठक होगी और यदि कोई मुद्दा शेष रह जाता है तो उसका भी समाधान किया जाएगा। उन्होंने कहा कि कई बार संवाद की कमी के कारण मामलों के समाधान में समय लग जाता है। इस बार श्रमिकों ने अपनी बात सही मंच तक पहुंचाई, जिसके बाद सभी पक्षों ने मिलकर मांगों का समाधान किया। उन्होंने बताया कि पहले भी एक-दो बार चर्चा हुई थी, लेकिन बात आगे नहीं बढ़ सकी थी। क्यों हो रहा विरोध राजस्थान स्टेट माइंस एंड मिनरल्स लिमिटेड (RSMML) की गिरल में लिग्नाइट माइंस की ओर से थुंबली समेत आसपास के इलाकों में जमीन अधिग्रहण कर कोयला खनन किया जा रहा है। आरोप है कि कंपनी ने स्थानीय लोगों को रोजगार देने का वादा किया था, लेकिन अब युवाओं को नौकरी से निकाला जा रहा है। इसी से प्रभावित किसान और गांव के युवा 9 अप्रैल से गिरल गांव में धरने पर बैठे हैं। बाड़मेर जिले के गिरल लिग्नाइट माइंस में स्थानीय श्रमिकों, ड्राइवरों और ग्रामीणों का आंदोलन पिछले 39 दिन से जारी है। उनकी मांग है कि 8 घंटे की ड्यूटी लागू की जाए और नौकरी के लिए स्थानीय लोगों को प्राथमिकता दी जाए। राजस्थान सरकार का PSU है RSMML RSMML राजस्थान सरकार का एक सार्वजनिक उपक्रम (PSU) है, जो रॉक फॉस्फेट, लिग्नाइट, जिप्सम और लाइमस्टोन का खनन करती है। गिरल लिग्नाइट माइंस, बाड़मेर जिले के थुम्बली और गिरल गांव में स्थित है। इसे राजस्थान की पहली आधुनिक ओपनकास्ट (खुली) लिग्नाइट खदान भी माना जाता है। 1994 में RSMML द्वारा इस खदान की शुरुआत की गई थी। यह मुख्य रूप से लिग्नाइट का उत्पादन करती है, जो गिरल लिग्नाइट पावर प्लांट को ईंधन की सप्लाई करती है। ------------------------------------------------------------------------------------------------------------- इससे जुड़ी खबरे… भाटी बोले- मजदूर का हत्यारा है तानाशाह प्रशासन:पिता ने BJP विधायक से कहा- मेरे लड़के को मार दिया; वार्ता के बाद बनी सहमति बाड़मेर के गिरल में माइंस के खिलाफ धरने पर बैठे मजदूर जैसाराम की तबीयत बिगड़ने से गुरुवार को मौत हो गई थी। घटना के बाद शिव विधायक रविंद्र सिंह भाटी जिला अस्पताल की मॉर्च्युरी में धरने पर बैठ गए थे। उन्होंने आरोप लगाया कि ये मौत सरकार की वजह से हुई है। विधायक भाटी मांगे नहीं मानने तक धरने पर बैठे रहे। हालांकि शुक्रवार सुबह से चौहटन विधायक परिजनों और धरने पर बैठे लोगों से वार्ता कर रहे थे, इसके बाद शाम होते होते मंत्री केके विश्नोई की मध्यस्थता के बाद दोनों पक्षों में सहमति बन गई। (पढ़े पूरी खबर)
अजमेर से ‘भास्कर समाधान’ पर आमजन की परेशानियां लगातार पोस्ट के जरिये मिल रही हैं। लोगों की पोस्ट में सरकारी महकमे की लापरवाही की रियल टाइम तस्वीरें सामने आ रही हैं। कहीं 10 दिन से स्ट्रीट लाइट नहीं जल रही तो कहीं कॉलोनी की सड़क इतनी खराब है कि चलना भी मुश्किल है। वहीं एक घर के बाहर सफाई कर्मचारियों के ठेले खड़े होने से घरवाले परेशान हैं। हालांकि, भास्कर ‘समाधान’ के तहत जब इन समस्याओं को प्रमुखता से उठाया गया, तब कई मामलों में विभागों ने तुरंत कार्रवाई करते हुए लोगों को राहत भी दी है। भास्कर एप पर समस्या पोस्ट करने लिए यहां क्लिक कीजिए.. कॉलोनी की मुख्य रोड पथरीली ‘भास्कर समाधान’ पर हिमांशु ने पोस्ट कर अपने इलाके की शिकायत भेजी है। उन्होंने बताया कि कॉलोनी में बनी मुख्य सड़क खराब हो गई है। बरसात में पूरी सड़क पर पानी भर जाता है। जिससे आने–जाने में परेशानी होती है। उन्होंने इसे ठीक करवाने की अपील की है। 10 दिन से बंद है गली की रोड लाइट शहर के न्यू अम्बावाड़ी, तोपदड़ा निवासी गौरांग गोयल ने पोस्ट कर स्ट्रीट लाइट की समस्या पोस्ट की है। उन्होंने बताया कि उनकी गली की स्ट्रीट लाइट बीते 10 दिनों से नहीं जल रही है। इससे पूरी गली में अंधेरा छाया रहता है। इसे जल्द ठीक करवाएं। सफाई वाले ठेले खड़े करने से परेशान दयानंद मार्केट सर्किल के जियालाल मार्ग से शंकर ने समस्या भेजी है कि उनके घर के सफाई कर्मचारी अपने कचरा उठाने वाला ठेला खड़े कर जाते हैं। कई बार मना कर चुके हैं लेकिन सफाई कर्मचारी नहीं मान रहे। चोक नालियां, पानी सड़क पर बह रहा इंदरकोट से सैयद शाहिद जामा ने पोस्ट कर समस्या बताई है। उन्होंने लिखा कि उनकी कॉलोनी में नालियां चोक हैं। गंदा पानी बहकर सड़कों पर बह रहा है। पानी जमा होने से गंदगी हो रही है। लो प्रेशर सप्लाई की समस्या हुई दूर महाराण प्रताप नगर कोटड़ा की रहने वाली प्रिया ने पोस्ट की थी कि उनकी कॉलोनी में बीते एक महीने से पानी की सप्लाई के समय प्रेशर बहुत कम आता है। उन्होंने कहां कि न तो समय से सप्लाई आती है न ही कोई समय तय है। इस पर संबंधित वार्ड के अधिकारी सहायक अभियंता नगर उपखंड तृतीय धर्मवीर सिंह राव ने कमेंट किया कि शिकायतकर्ता की समस्या का समाधान कर दिश गया है। उन्होंने खुद समाधान की फोटो भी पोस्ट की है। एईएन पूजा बनीं ‘स्टार ऑफिसर’ महर्षि दयानंद कॉलोनी से दिलीप जैन ने शिकायत की थी कि उनके यहां 72 घंटों में सिर्फ एक बार आ रहा है। वो भी केवल आधे घंटे और बहुत कम प्रेशर के साथ। इससे उन्हें पर्याप्त पानी नहीं मिल पा रहा। शिकायत के पोस्ट होते ही एरिया की एईएन पूजा मौर्य ने संज्ञान लेते हुए समस्या का समाधान करवा दिया है। पब्लिक की आवाज बना ‘भास्कर समाधान’ ‘भास्कर समाधान’ सेगमेंट देशभर में इकलौता ऐसा डिजिटल प्लेटफॉर्म है, जहां शहरवासी सीधे अपने इलाके से जुड़े सिविक इश्यू खुद पोस्ट कर सकते हैं। ये सेगमेंट जनता को अपने गली-मोहल्ले की परेशानियां सीधे विभाग के उच्चाधिकारियों के सामने रखने की सुविधा देता है। लोगों से मिले जबरदस्त रिस्पॉन्स के बाद अब इसे और अधिक प्रभावी, सरल और यूजर-फ्रेंडली बनाया गया है। अब सीधे अधिकारियों तक पहुंच रहीं समस्याएं दैनिक भास्कर के इस सेगमेंट में अधिकारी भी अपने एक्शन के बारे में बता सकेंगे। शिकायत जिस विभाग से संबंधित है, वह अब सीधे उन्हीं अधिकारियों तक पहुंचेगी। इसके बाद अधिकारी उस लोकेशन को मैप पर देख सकेंगे। यदि उन्होंने समाधान कर दिया है तो शिकायतकर्ता को इसकी जानकारी एप के जरिए ही दे सकेंगे या बता सकेंगे कि अभी काम जारी है। अधिकारी चाहें तो जिस यूजर ने शिकायत की है, उसे कॉल भी कर सकते हैं।
कोटा शहर से लोग भास्कर समाधान में लगातार अपनी समस्याएं पोस्ट कर रहे हैं। लोगों की पोस्ट से कोटा में बुनियादी सुविधाओं से जूझ रही आम जनता की परेशानियां भी प्रशासन के सामने आ रही हैं। कहीं रोड पर पानी से कीचड़ बन गया है, तो कहीं कॉलोनी बनने के बाद भी सड़क नहीं बनी है। सीवर जाम होने से पानी की निकासी नहीं हो पा रही है तो कुढ एरिया में पार्क में न तो साफ सफाई है न ही टूटे झूले टीक किए गए हैं। हालांकि, भास्कर ‘समाधान’ के तहत जब इन समस्याओं को प्रमुखता से उठाया गया, तब कई मामलों में विभागों ने तुरंत कार्रवाई करते हुए लोगों को राहत भी दी है। भास्कर एप पर समस्या पोस्ट करने लिए यहां क्लिक करिए... कीचड़ भरे रास्ते से जाने को मजबूर कोटा के बापावर रोड, रायपुर से महेन्द्र कुमार सेन ने पोस्ट कर अपनी समस्या बताई है। उन्होंने लिखा कि उनके क्षेत्र की मुख्य सड़क पर बरसात में घुटनों तक पानी भर जाता है। कीचड़ और पानी के बीच गुजरते समय कई बार दोपहिया वाहन चालक फिसलकर गिर जाते हैं। कॉलोनी में अब तक सड़क ही नहीं बनी गांधी बाजार, किशनपुरा रोड, कैथून से घनश्याम गोयल ने पोस्ट कर कॉलोनी में सड़क नहीं होने की समस्या बताई है। उन्होंने लिखा है कि कॉलोनी बने कई साल हो गए लेकिन अब तक पक्की सड़क नहीं बन सकी है। हमारे यहां नगर पालिका में भी अवगत करवा चुके लेकिन समाधान नहीं हो पाया है। सीवर लाइन जाम, नाले में मिट्टी में भरी बारां रोड के बोरखेड़ा स्थित अंजली विहार, मानपुरा से संजय मराठा ने पोस्ट कर समास्या बताई। उन्होंने लिखा कि उनके यहां सारी नालियां जाम हैं, सीवरेज की सफाई नहीं हुई है। नालियां मिट्टी से अटी पड़ी हैं। बरसात के मौसम में इनसे पानी की निकासी नहीं होगी और सड़क पर जलभराव की समस्या होती है। पार्क के झूले टूटे, सफाई तक नहीं होती रावतभाटा रोड आधारशिला चौक, दादाबाड़ी से मोहम्मद इरफान ने समस्या पोस्ट की है। उन्होंने बताया कि अधरशिला स्थित पार्क में कभी सफाई नहीं होती। बच्चों के झूले तक टूटे पड़े हैं। पार्क में नशा करने वालों का जमावड़ा रहता है लेकिन इन शिकायतों पर अधिकारी ध्यान नहीं दे रहे। पोस्ट होते ही साफ हुई नालियां कोटा के स्वामी विवेकानंद नगर से एडवोकेट मनोज कुमार गुर्जर ने पोस्ट किया था कि उनके यहां लंबे समय से नालियों की सफाई नहीं हो रही थी। पोस्ट के बाद सफाई कर्मचारियों ने नाली साफ कर कचरा भी हटा लिया। मनोज ने खुद कमेंट कर बताया कि उनकी समस्या का समाधान हो गया है। भास्कर समाधान से साफ हुई गंदगी स्वामी विवेकानंद नगर से बरसात से पहले नालियों की सफाई न होने की समस्या यूजर हरी प्रकाश ने पोस्ट की थी। उन्होंने बताया था कि एक महीने से नालियों की सफाई नहीं हुई है। अधिकतर नालियों में कचरा भरा पड़ा है। पार्षद नितिन बने ‘पब्लिक के स्टार’ स्वामी विवेकानंद नगर से हरी प्रकाश ने समस्या पोस्ट की थी कि उनके यहां एक महीने से नालियों की सफाई नहीं हुई है। मोहल्ले की अधिकतर नालियों में कचरा भरा पड़ा है। पोस्ट के बाद पार्षद नितिन धारवाल ने समस्या का समाधान करवाते हुए सफाई करवा दी। उन्होंने शिकायतकर्ता की शिकायत पर कमेंट कर इसकी जानकारी दी। पब्लिक की आवाज बना ‘भास्कर समाधान’ ‘भास्कर समाधान’ सेगमेंट देशभर में इकलौता ऐसा डिजिटल प्लेटफॉर्म है, जहां शहरवासी सीधे अपने इलाके से जुड़े सिविक इश्यू खुद पोस्ट कर सकते हैं। ये सेगमेंट जनता को अपने गली-मोहल्ले की परेशानियां सीधे विभाग के उच्चाधिकारियों के सामने रखने की सुविधा देता है। लोगों से मिले जबरदस्त रिस्पॉन्स के बाद अब इसे और अधिक प्रभावी, सरल और यूजर-फ्रेंडली बनाया गया है। अब सीधे अधिकारियों तक पहुंच रहीं समस्याएं दैनिक भास्कर के इस सेगमेंट में अधिकारी भी अपने एक्शन के बारे में बता सकेंगे। शिकायत जिस विभाग से संबंधित है, वह अब सीधे उन्हीं अधिकारियों तक पहुंचेगी। इसके बाद अधिकारी उस लोकेशन को मैप पर देख सकेंगे। यदि उन्होंने समाधान कर दिया है तो शिकायतकर्ता को इसकी जानकारी एप के जरिए ही दे सकेंगे या बता सकेंगे कि अभी काम जारी है। अधिकारी चाहें तो जिस यूजर ने शिकायत की है, उसे कॉल भी कर सकते हैं।
जोधपुर शहर के विभिन्न वार्ड से लोग अपनी समस्याएं भास्कर समाधान पर शेयर कर रहे हैं। पोस्ट में लोगों ने बुनियादी सुविधाओं को लेकर प्रशासन और संबंधित विभागों की लापरवाही दिखाती तस्वीरें भी शेयर की हैं। इनमें कहीं लोग गंदे पानी के बीच से ने–जाने को मजबूर हैं तो कहीं सीवरेज की लाइन लीक होने से गंदा पानी रिहायशी इलाके में भर रहा है। खाली प्लाट में कचरा डालने से टोकने पर झगड़े हो रहे हैं तो कुछ वार्ड में आंधी के बाद गिरे खम्भे आज तक ठीक नहीं किए गए। हालांकि, भास्कर ‘समाधान’ के तहत जब इन समस्याओं को प्रमुखता से उठाया गया, तब कई मामलों में विभागों ने तुरंत कार्रवाई करते हुए लोगों को राहत भी दी है। भास्कर एप पर समस्या पोस्ट करने लिए यहां क्लिक करिए... कीचड़ भरे रास्ते से जाने को मजबूर जोधपुर के सूरसागर रोड कबीर नगर से मोहित सिंह ने पोस्ट किया है कि बावड़ी और कबीर नगर बस्ती का गंदा पानी 24 घंटे मुख्य सड़कों और गलियों में फैला रहता है। बदबू और गंदगी की वजह से लोग परेशान हो रहे हैं। खाली प्लाट में डाल रहे घर का कचरा 80 फीट रोड गुरु राजाराम नगर, विद्या नगर से उदय शुकर शर्मा ने पोस्ट किया है। उन्होंने बताया कि उनकी गली में खाली पड़े प्लाट संख्या 103 में लोग लगातार कचरा डाल रहे हैं। मना करने के बावजूद कचरा डालना बंद नहीं कर रहे। सीवरेज गटर लीक, गंदा पानी कॉलोनी में भरा बनार रोड में सैनिक स्कूल के सामने सीवरेज लाइन टूटने से गंदा पानी कॉलोनी में भर रहा है। इसकी शिकायत कमांडर लक्ष्मण सिंह कर्मसोत ने पोस्ट से की है। उन्होंने कहा कि राजस्थन पोर्टल पर भी शिकायत दी है लेकिन समाधान नहीं हुआ। आंधी में गिरे बिजली पोल अब तक नहीं लगाए गायत्री नगर से अर्जुन पटेल ने शिकायत की है कि आंधी में उनके एरिया में गिरे बिजली के पोल, फुंके ट्रांसफार्मर और तारों को वापस से ठीक नहीं किया गया है। बिजली विभाग से अपील है कि इसे जल्द ठीक करें। सीवर लाइन हुई ठीक, लोगों को मिली राहत जोधपुर के सिविल एयरपोर्ट रोड, रातानाड़ा से गणपत सिंह ने पोस्ट किया था कि उनके गांव कडल में सीवर लाइन का पानी लीकेज की वजह से रोड पर फैल रहा है। इससे लोग परेशान हो रहे हैं। पोस्ट के बाद संबंधित विभाग के कर्मचारियों ने समस्या का समाधान कर दिया है। गंदे झाग वाले पानी से मिला छुटकारा अजय चौक से दिग्गज शर्मा ने पोस्ट कर गंदे पानी की समस्या बताई थी उन्होंने पोस्ट में लिखा था कि उनके एरिया में बीते आठ महीनों से पानी बहुत कम प्रेशर से और रुक–रुककर आता है। शुरू के 10 से 15 मिनट बहुत गंदा झाग वाला पानी आता है। इसका समाधान संबंधित विभाग ने करवा दिया है। एईएन प्रवीण बने ‘स्टार ऑफिसर’ गुलाब सागर के अजय चौक से दिग्गज शर्मा ने पोस्ट कर गंदे पानी की समस्या बताई है। उन्होंने बताया कि उनके एरिया में बीते आठ महीनों से पानी बहुत कम प्रेशर से और रुक–रुककर आता है। शुरु में बहुत गंदा झाग वाला पानी भी आता है। इस पर एक्शन लेते हुए फतेह सागर एईएन प्रवीण कुमार ने समस्या का समाधान करवा दिया है। पब्लिक की आवाज बना ‘भास्कर समाधान’ ‘भास्कर समाधान’ सेगमेंट देशभर में इकलौता ऐसा डिजिटल प्लेटफॉर्म है, जहां शहरवासी सीधे अपने इलाके से जुड़े सिविक इश्यू खुद पोस्ट कर सकते हैं। ये सेगमेंट जनता को अपने गली-मोहल्ले की परेशानियां सीधे विभाग के उच्चाधिकारियों के सामने रखने की सुविधा देता है। लोगों से मिले जबरदस्त रिस्पॉन्स के बाद अब इसे और अधिक प्रभावी, सरल और यूजर-फ्रेंडली बनाया गया है। अब सीधे अधिकारियों तक पहुंच रहीं समस्याएं दैनिक भास्कर के इस सेगमेंट में अधिकारी भी अपने एक्शन के बारे में बता सकेंगे। शिकायत जिस विभाग से संबंधित है, वह अब सीधे उन्हीं अधिकारियों तक पहुंचेगी। इसके बाद अधिकारी उस लोकेशन को मैप पर देख सकेंगे। यदि उन्होंने समाधान कर दिया है तो शिकायतकर्ता को इसकी जानकारी एप के जरिए ही दे सकेंगे या बता सकेंगे कि अभी काम जारी है। अधिकारी चाहें तो जिस यूजर ने शिकायत की है, उसे कॉल भी कर सकते हैं।
जयपुर के विकास के दावों के बीच, धरातल पर पसरी अव्यवस्थाएं स्थानीय प्रशासन के गैर-जिम्मेदाराना रवैये को बयां कर रही हैं। गुलाबी नगरी के विभिन्न इलाकों में बुनियादी जन-समस्याओं को लेकर स्थानीय निवासियों में भारी आक्रोश है। अंबाबाड़ी क्षेत्र के नया खेड़ा में पुलिस चौकी के लिए आवंटित खाली प्लॉट की दीवार टूटने से वहां आवारा पशुओं और गंदगी का जमावड़ा लग गया है, जिससे लोग बदबू और गोबर से बेहद परेशान हैं। वहीं, मानसून की शुरुआती बारिश ने ही टोंक रोड के बीलवा इलाके में जलभराव की स्थिति पैदा कर प्रशासनिक दावों की पोल खोल दी है। इसके अलावा, झोटवाड़ा की श्यामपुरी कॉलोनी में मुख्य पाइपलाइन क्षतिग्रस्त होने से कीमती पानी सड़कों पर बर्बाद हो रहा है, जबकि कनक वृन्दावन टाउनशिप के ई-ब्लॉक की 40 फीट मुख्य सड़क आज तक न बनने के कारण गहरे गड्ढों में तब्दील हो चुकी है। हालांकि, व्यवस्था के इस ढुलमुल रवैये के बीच 'भास्कर समाधान' सेगमेंट जनता के लिए राहत की उम्मीद बनकर उभरा है। इस मुहिम पर शिकायत दर्ज होने के बाद संबंधित विभागों ने त्वरित कार्रवाई की है। (आमजन से जुड़ी जनसमस्या और शहर की जमीनी हकीकत को पोस्ट करने के लिए यहां क्लिक करें।) गोबर और बदबू से परेशान हो रहे लोगजयपुर शहर के अंबाबाड़ी क्षेत्र के नया खेड़ा से घनश्याम दास ने दैनिक भास्कर के समाधान सेगमेंट पर आवारा पशु और गंदगी से संबंधित समस्या पोस्ट की है। जिसमें घनश्याम ने लिखा कि ये खाली प्लॉट पुलिस चौकी को आवंटित है, लेकिन इसकी दीवार को तोड़ दिया है। जिसके कारण आवारा जानवर इसमें आकर बैठते है और गंदगी हो जाती है। एक दिन की बारिश ने प्रशासन की खोली पोलटोंक रोड के बीलवा इलाके से रामवतार शर्मा ने जलभराव की समस्या सेगमेंट पर पोस्ट की है। उन्होंने बताया कि मेन रोड पर बारिश का पानी जमा हो गया है। जिसके कारण लोगों को आने-जाने में काफी समस्या हो रही है। झोटवाड़ा में रोड पर बर्बाद हो रहा पानीझोटवाड़ा के श्यापुरी कॉलोनी से पंकज सोनी ने पानी की पाइपलाइन टूटने की समस्या के बारे में बताया है। घर के सामने से जा रही पानी की पाइपलाइन टूटने से रोड पर पानी बर्बाद हो रहा है। साथ ही जलभराव की भी समस्या पैदा हो गई है। कनक वृन्दावन टाउनशिप में रोड नहींजयपुर के कनक वृन्दावन टाउनशिप से भोम सिंह राठौड़ ने कॉलोनी में सड़क के गड्ढों के बारे में लिखा है। भोम सिंह ने लिखा कि ई- ब्लॉक में कॉलोनी की 40 फीट रोड एक बार भी नहीं बनी है। इस रोड पर इतने गड्ढे है कि चलना भी मुश्किल है। लोगों ने रोड बनाने की मांग की है। सीवर से फैली गंदगी का हुआ समाधानजयपुर के प्रताप नगर सेक्टर 17 से कमल चौधरी में दैनिक भास्कर के समाधान सेगमेंट पर सीवर से निकले कचरे की समस्या लिखी थी। उन्होंने बताया था कि, 6-7 दिन पहले हुई सीवर की सफाई के बाद से कचरा रोड पर पड़ा है। समस्या पोस्ट होने के बाद संबंधित विभाग ने कार्रवाई कर समाधान करवा दिया है। कंवर नगर में स्ट्रीट लाइट को किया गया ठीकशहर के जनता बाजार के आमेर रोड से सुरेंद्र सिंह रॉबिन ने समाधान सेगमेंट पर रोड लाइट खराब होने की शिकायत पोस्ट की थी। ये लाइट हर दूसरे-तीसरे दिन खराब हो रही थी। समस्या पोस्ट होने के बाद XEN ने लाइट बदलवा कर समाधान करवा दिया है। XEN रूपाराम बने आज 'स्टार ऑफिसर'जयपुर के जनता बाजार से सुरेंद्र सिंह रॉबिन ने गली की खराब रोड लाइट की समस्या के बारे में समाधान सेगमेंट पर बताया था। जिसके बाद XEN रूपाराम ने विभाग की टीम के भेजकर समाधान करवा दिया है। आमजन की आवाज बना ‘भास्कर समाधान’ ‘भास्कर समाधान’ सेगमेंट देशभर में इकलौता ऐसा डिजिटल प्लेटफॉर्म है, जहां शहरवासी सीधे अपने इलाके से जुड़े सिविक इश्यू खुद पोस्ट कर सकते हैं। ये सेगमेंट जनता को अपने गली-मोहल्ले की परेशानियां सीधे विभाग के उच्चाधिकारियों के सामने रखने की सुविधा देता है। लोगों से मिले जबरदस्त रिस्पॉन्स के बाद अब इसे और अधिक प्रभावी, सरल और यूजर-फ्रेंडली बनाया गया है। अब सीधे अधिकारियों तक पहुंच रहीं समस्याएं दैनिक भास्कर के इस सेगमेंट में अधिकारी भी अपने एक्शन के बारे में बता सकेंगे। शिकायत जिस विभाग से संबंधित है, वह अब सीधे उन्हीं अधिकारियों तक पहुंचेगी। इसके बाद अधिकारी उस लोकेशन को मैप पर देख सकेंगे। यदि उन्होंने समाधान कर दिया है तो शिकायतकर्ता को इसकी जानकारी एप के जरिए ही दे सकेंगे या बता सकेंगे कि अभी काम जारी है। अधिकारी चाहें तो जिस यूजर ने शिकायत की है, उसे कॉल भी कर सकते हैं। भास्कर एप से समस्याओं के समाधान की ये खबरें भी पढ़िए… 1.जयपुर में खुले नाले, सीवर ओवरफ्लो से लोग परेशान:प्रशासन की अनदेखी से समस्याएं जस की तस, कई जगहों पर हुआ समाधान 2.मुरलीपुरा और मानसरोवर में सीवर की समस्या:कई क्षेत्रों में भास्कर की पहल से हुआ समाधान; XEN निधि जैन बनीं आज ‘पब्लिक की स्टार’ 3.भास्कर समाधान असर, एक पोस्ट से मिल रहा हल:सड़क और रोड लाइट की समस्याओं का हुआ समाधान; XEN प्रदीप शर्मा बने आज ‘पब्लिक के स्टार’ 4.भास्कर समाधान से सीधे अधिकारियों तक पहुंच रहीं शिकायतें:खबर पोस्ट होते ही ले रहे एक्शन, ओम थानवी बने ‘पब्लिक के स्टार’ 5.भास्कर समाधान का असर: ओवरफ्लो सीवर लाइन से मिली राहत:कचरा नहीं उठने और पानी भरने से लोग परेशान; भास्कर की पोस्ट से हुआ समस्याओं का समाधान 6.जयपुर में सेवा सदन मार्ग से नहीं उठ रहा कचरा:रीको इंडस्ट्रीयल एरिया में सीवर ओवरफ्लो से बढ़ी परेशानी;रविन्द्र सिंह बने आज के ‘पब्लिक के स्टार’ 7.भास्कर समाधान पर उठ रही आवाज:सीधे अधिकारियों तक पहुंच रहीं जयपुर की समस्याएं, गंदे पानी की निकासी हुई; ओम थानवी बने पब्लिक के स्टार 8.जयपुर के हालातों में नहीं हो रहा सुधार:भास्कर समाधान पर आ रही शिकायतें; कहीं सीवर का सैलाब, कहीं सड़क पर खतरा, बदहाल तस्वीर आई सामने 9.जयपुर में भास्कर समाधान का असर:जगदंबा नगर में हटा मलबा, चमकीं स्ट्रीट लाइटें; थानवी लोगों की समस्या दूर कर बने ‘पब्लिक के स्टार’ 10.भास्कर ‘समाधान’ असर, कई समस्याओं का हुआ समाधान:एक पोस्ट में भरा दो साल पुराना गड्ढा, मलबा हटा तो रास्ता हुआ सुगम
अवैध बालू खनन पकड़ने गई टीम से अभद्रता:अमरोहा में जब्त ट्राली छुड़ाने का प्रयास, 4 नामजद पर FIR
अमरोहा के डिडौली कोतवाली क्षेत्र में अवैध बालू खनन के खिलाफ कार्रवाई करने गई खनन विभाग की टीम के साथ अभद्रता और सरकारी कार्य में बाधा डालने का मामला सामने आया है। आरोप है कि बालू से भरी जब्त ट्राली को रास्ते में रोककर उसे छुड़ाने का प्रयास किया गया। मामले में चार नामजद समेत अन्य अज्ञात लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है। डिडौली कोतवाली क्षेत्र के गांव पूरनपुर के जंगल स्थित झील में लंबे समय से अवैध बालू खनन की शिकायतें मिल रही थीं। इसी सूचना के आधार पर 28 मई की रात जिला खनन अधिकारी केवी सिंह अपनी टीम के साथ मौके पर पहुंचे और कार्रवाई करते हुए बालू से भरी एक ट्रैक्टर-ट्राली को जब्त कर लिया। लोग अंधेरे का फायदा उठाकर फरार खनन विभाग की कार्रवाई के दौरान मौके पर मौजूद खनन में संलिप्त लोग अंधेरे का फायदा उठाकर फरार हो गए। इसके बाद जिला खनन अधिकारी ट्राली को कब्जे में लेकर लौट आए और उसे कोतवाली तक पहुंचाने की जिम्मेदारी टीम में शामिल दो होमगार्ड और एक कर्मचारी को सौंपी। आरोप है कि रास्ते में गांव श्यौनाली निवासी अफसर, इशरत अली, अलमर जहां और हनीफ अपने कुछ साथियों के साथ पहुंचे और ट्रैक्टर-ट्राली को रोक लिया। विरोध करने पर आरोपियों ने होमगार्डों के साथ अभद्रता की तथा ट्राली छीनने का प्रयास किया। होमगार्डों ने तत्काल घटना की सूचना जिला खनन अधिकारी को दी, जिसके बाद डिडौली कोतवाली से अतिरिक्त पुलिस बल मौके पर भेजा गया। पुलिस के पहुंचने की सूचना मिलते ही आरोपी मौके से फरार हो गए। मामले की जांच के दौरान पता चला कि झील श्रेणी की भूमि से करीब 820 घनमीटर बालू का अवैध खनन और परिवहन किया गया था। इसके बाद जिला खनन अधिकारी केवी सिंह की तहरीर पर डिडौली पुलिस ने अफसर, इशरत अली, अलमर जहां और हनीफ के खिलाफ नामजद मुकदमा दर्ज किया है। अन्य अज्ञात लोगों को भी आरोपी बनाया गया है। पुलिस का कहना है कि मामले की विवेचना की जा रही है और आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए कार्रवाई शुरू कर दी गई है। वहीं अवैध खनन में शामिल अन्य लोगों की भूमिका की भी जांच की जा रही है।
ग्वालियर में शिवपुरी लिंक रोड स्थित प्रस्तावित नवीन लोहा मंडी के पास संदिग्ध परिस्थितियों में मिले डीआरपी लाइन के आरक्षक अंकित तोमर के शव मामले में पुलिस को अहम सुराग मिला है। सीसीटीवी फुटेज के आधार पर पुलिस ने उस युवक को हिरासत में लिया है, जो आरक्षक को आखिरी बार अपनी बाइक पर बैठाकर घटनास्थल की ओर ले जाता दिखाई दिया था। हालांकि पूछताछ में युवक ने जो कहानी बताई है, उस पर पुलिस को भरोसा नहीं है। सीसीटीवी से मिला अहम सुराग आरक्षक अंकित तोमर के लापता होने और बाद में शव मिलने के बाद पुलिस की दो टीमें जांच में जुटी थीं। शहरभर के सीसीटीवी कैमरों की जांच में पता चला कि अंकित दो दिन पहले रात करीब साढ़े 10 बजे बस स्टैंड पर उतरे थे। इसके बाद वे डीबी मॉल क्षेत्र में दिखाई दिए। जांच आगे बढ़ी तो कंपू स्थित जैन पेट्रोल पंप के सीसीटीवी फुटेज में अंकित एक युवक के साथ नजर आए। फुटेज में युवक उन्हें अपनी बाइक पर बैठाकर ले जाता दिखाई दिया। फुटेज और बाइक नंबर के आधार पर पुलिस ने युवक की पहचान सालूपुरा निवासी होतम सिंह के रूप में की। पुलिस ने उसे हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू की। पूछताछ में होतम सिंह ने बताया कि अंकित तोमर उसे जैन पेट्रोल पंप के पास घायल और बदहवास हालत में मिले थे। इंसानियत के नाते उसने उन्हें बाइक पर बैठाया था। सुनसान जगह छोड़कर चला गया होतम के मुताबिक, रास्ते में अंकित ने फ्रेश होने की बात कही। इसके बाद वह उन्हें शिवपुरी लिंक रोड स्थित नवीन लोहा मंडी के पास ले गया। वहां अंकित झाड़ियों की ओर चले गए और वह पास में बैठकर खाना खाने लगा। बाद में वह अंकित को वहीं छोड़कर अपने घर चला गया। पुलिस को कहानी पर शक पुलिस को होतम की कहानी पर कई कारणों से संदेह है। यदि अंकित घायल थे तो उन्हें अस्पताल ले जाने के बजाय सुनसान इलाके में क्यों ले जाया गया। घटनास्थल पर भारी मात्रा में खून मिला था और आरक्षक का टखना भी बुरी तरह टूटा हुआ था। पुलिस का मानना है कि ऐसी स्थिति में किसी व्यक्ति का सामान्य रूप से चल पाना मुश्किल है। साथ ही घायल पुलिसकर्मी को रात में अकेला छोड़कर चले जाना भी संदेह पैदा करता है। कई एंगल से जांच पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि मामला सड़क दुर्घटना का है, किसी विवाद में मारपीट का है या इसके पीछे कोई अन्य वजह है। शॉर्ट पोस्टमार्टम रिपोर्ट और आगे की पूछताछ के बाद मौत के वास्तविक कारणों का खुलासा हो सकेगा। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, होतम सिंह आखिरी व्यक्ति है जो आरक्षक अंकित तोमर के साथ देखा गया था। उसके बयानों में कई विरोधाभास हैं। मामले की हर पहलू से जांच की जा रही है और पोस्टमार्टम रिपोर्ट मिलने के बाद स्थिति और स्पष्ट होगी।
सतना के जवाहर नगर स्थित वन स्टॉप सेंटर से करीब डेढ़ महीने पहले फरार हुई तीन नाबालिग किशोरियों में से तीसरी लड़की भी मिल गई है। उत्तर प्रदेश की बिजनौर पुलिस ने इस 14 वर्षीय किशोरी को दस्तयाब कर लिया है। इसके साथ ही 26 अप्रैल की मध्यरात्रि को सेंटर से भागी सभी तीनों लड़कियों का मामला अब पूरी तरह सुलझ गया है। जानकारी के मुताबिक, बिजनौर पुलिस ने चार दिन पहले किशोरी को उसकी मां के घर से बरामद किया था। इसके बाद उसे स्थानीय वन स्टॉप सेंटर में रखा गया और बाल कल्याण समिति (CWC) के समक्ष पेश किया गया। CWC के आदेश पर किशोरी को सुरक्षित उसकी मां के सुपुर्द कर दिया गया है। अब सतना की सीडब्ल्यूसी को बिजनौर की समिति की एसआईआर (सोशल इन्वेस्टिगेशन रिपोर्ट) का इंतजार है। यह दस्तावेज मिलते ही सतना में इस मामले में खात्मा लगा दिया जाएगा और किशोरी को वापस सतना नहीं लाया जाएगा। सुराग होने के बावजूद पुलिस को लगा डेढ़ महीनासूत्रों के अनुसार, सेंटर से भागने के बाद किशोरी ने किसी अन्य व्यक्ति के मोबाइल से अपने चाचा को फोन कर बताया था कि वह हरिद्वार जा रही है, जहां उसके पिता काम करते हैं। जब पुलिस के पास उसके संभावित ठिकाने की यह अहम जानकारी थी, तो उसे तलाशने में डेढ़ माह से अधिक का समय क्यों लग गया? पुलिस की इस सुस्त कार्यप्रणाली पर अब कई सवाल खड़े हो रहे हैं। खिड़की की ग्रिल खिसकाकर भागी थीं तीनों लड़कियांगौरतलब है कि 26 अप्रैल की रात को सतना के वन स्टॉप सेंटर से तीन लड़कियां खिड़की की ग्रिल तोड़कर (खिसकाकर) भाग गई थीं। पुलिस द्वारा वापस लाई गई एक किशोरी ने पूछताछ में बताया था कि खिड़की को धक्का देने पर वह अपनी जगह से खिसक गई थी, जिससे उनके मन में वहां से भागने का विचार आया था। एक ही ट्रेन में बैठीं, फिर अलग-अलग स्टेशनों पर उतरींभागने के बाद रात करीब 1:30 बजे तीनों लड़कियां पैदल ही सतना रेलवे स्टेशन पहुंचीं और स्टेशन पर जो भी पहली ट्रेन मिली, उसमें बैठ गईं। इनमें से एक लड़की मैहर स्टेशन पर उतर गई थी। बाकी दो लड़कियां जबलपुर चली गई थीं। जबलपुर पहुंचने के बाद एक किशोरी (जो सिविल लाइन थाना क्षेत्र की रहने वाली थी) वापस लौटकर कटनी में उतर गई। इसे सिटी कोतवाली पुलिस ने कटनी से ही दस्तयाब कर लिया था। वहीं, एक अन्य नाबालिग को रामपुर बघेलान क्षेत्र से पुलिस ने पहले ही ढूंढ लिया था। पुलिस ने लड़कियों की तलाश के लिए तीन अलग-अलग टीमें गठित की थीं और अब तीसरी किशोरी के बिजनौर में मिलने के साथ ही तलाश पूरी हो गई है।
पेपर लीक को लेकर चर्चित रही एसआई भर्ती-2021 का री-एग्जाम अब सिर्फ 1 दिन में होगा। पहले यह परीक्षा 3 दिन में हुई थी। इसका कारण इस एग्जाम में शामिल होने के लिए रुचि दिखाने वाले कैंडिडेट्स की संख्या का अब केवल करीब एक लाख 53 हजार ही होना है। हालांकि राजस्थान लोक सेवा आयोग (RPSC) ने इसके लिए अधिकृत रूप से आदेश जारी नहीं किया है। RPSC ने एसआई भर्ती-2021 के री-एग्जाम की डेट 20 सितंबर 2026 प्रस्तावित की है। उधर, SI भर्ती-2021 में इस बार पेपर की सुरक्षा और अभ्यर्थी की चेकिंग के लिए भी कई नए प्रयोग शुरू होंगे। इस भर्ती परीक्षा के लिए 7 लाख 97 हजार कैंडिडेट्स ने आवेदन किया था। 3 लाख 83 हजार 97 कैंडिडेट्स पिछले एग्जाम में शामिल हुए थे। एग्जाम रद्द होने के बाद फिर से एग्जाम कराने का निर्णय हुआ तो केवल पहले एग्जाम में शामिल होने वाले लोगों को ही मौका दिया। री-एग्जाम के लिए इन 3.83 लाख कैंडिडेट्स को पहले भरे गए आवेदन पत्रों में सुधार और अपडेट करने का अवसर दिया गया था। इसमें 1 लाख 53 हजार ने ही रुचि दिखाई। दो लाख 30 हजार कैंडिडेट्स ने किनारा कर लिया। 8 मई 2026 को आयोग ने 859 पदों के लिए दोबारा परीक्षा कराने का निर्णय किया था। इस री-एग्जाम में पहले परीक्षा 13 से 15 सितंबर 2021 तक हुई थी। इस भर्ती के लिए 7.97 लाख कैंडिडेट्स ने आवेदन किए थे। 1 लाख 53 हजार कैंडिडेट्स ने ही दिखाई रुचि कैंडिडेट्स को उनके पहले भरे गए आवेदन पत्रों में सुधार और अपडेट करने के लिए 16 से 30 मई 2026 तक प्रक्रिया चली। इस दौरान अभ्यर्थी को मोबाइल नंबर, ईमेल एड्रेस और घर का पता आदि जानकारी अपडेट करनी थी। आवेदन में किसी भी प्रकार का संशोधन करने से पहले अभ्यर्थी को वन टाइम रजिस्ट्रेशन (OTR) में KVC प्रक्रिया पूरी करनी थी। यदि अभ्यर्थी किसी प्रविष्टि (कॉलम) में संशोधन नहीं करना चाहता तो भी आवेदन-पत्र को एडिट मोड में खोलकर ‘संशोधन की जरूरत न होने’ संबंधी घोषणा और OTR में इस्तेमाल फोटो, सिग्नेचर और अंगूठा निशान के प्रयोग के लिए सहमति अनिवार्य रूप से देनी थी। परंतु 3 लाख 83 हजार 97 में से 1 लाख 53 हजार कैंडिडेट्स ने ही ऐसा किया। अब जानिए- पिछली एसआई भर्ती-2021 और री-एग्जाम में क्या होगा फर्क… 1. सेंटर पर आधे घंटे पहले पेपर पहुंचेंगे परीक्षा के पेपर सेंटर पर अब आधे घंटे पहले ही पहुंचते हैं। इससे पेपर लीक की संभावना कम हो गई है। साथ ही इसमें डिजिटल लॉक व सिक्योरिटी सिस्टम है। पेपर पहुंचने से लेकर खुलने और बंटने तक की वीडियोग्राफी होती है। इसके पूरे प्रोसेस की भी एंट्री होती है। 2. एक घंटे पहले ही सेंटर पर एंट्री सभी कैंडिडेट्स की एंट्री परीक्षा के निर्धारित समय से एक घंटे पहले ही हो जाती है। एंट्री के बाद ही पेपर पहुंचते हैं। पहले की व्यवस्था में कैंडिडेट्स की एंट्री से पहले ही सेंटर पर पेपर पहुंच जाते थे। 3. लाइव फोटो कैप्चर की सुविधा वन टाइम रजिस्ट्रेशन प्रक्रिया में बदलाव किया है। डमी कैंडिडेट और फोटो टेंपरिंग कर आवेदन करने वाले कैंडिडेट्स पर लगाम लगाने के लिए लाइव फोटो कैप्चर शुरू किया गया है। परीक्षा के दौरान की गई वीडियोग्राफी में अभ्यर्थी का मिलान ओटीआर में कैप्चर की फोटो से किया जाता है। 4. हैंडराइटिंग का सैंपल लिया जाएगा उम्मीदवार को परीक्षक के सामने हस्ताक्षर (साइन) करने और अंगूठे का निशान लगाना होता है। अभ्यथी की हैंडराइटिंग का नमूना (सैंपल) अटेंडेंस शीट में कैप्चर किया जाएगा। उम्मीदवार को निरीक्षक की उपस्थिति में एक वाक्य लिखना होगा और इसे सत्यापित करके हस्ताक्षर करना होगा। 5. एडमिट कार्ड पर क्यूआर कोड-वाटर मार्क होगा कैंडिडेट्स की ओर से एडमिट कार्ड से अब आसानी से छेड़छाड़ नहीं की जा सकती। एडमिट कार्ड में वाटरमार्क और क्यूआर कोड स्कैनर है। वाटरमार्क में उम्मीदवार की फोटो होती है और क्यूआर कोड में उम्मीदवार का विवरण होता है। जो पिछली भर्ती में नहीं था। 6. ओएमआर शीट में पांचवां विकल्प मिलेगा ओएमआर शीट में पांच विकल्प दिए हैं। सभी विकल्पों में से एक को चुनना अनिवार्य है। इससे पहले उम्मीदवारों को चार विकल्पों में से एक उत्तर को बोल्ड करना होता था। अब यदि उम्मीदवार प्रश्न का उत्तर नहीं देना चाहते हैं तो पांचवां विकल्प भरना अनिवार्य है। ऐसा नहीं करने पर नेगेटिव मार्किंग और अपात्र घोषित करने का प्रावधान है। जो पिछली बार नहीं था। 7. इंटरव्यू में टोकन सिस्टम इंटरव्यू में टोकन प्रणाली शुरू की गई है। इसमें एक उम्मीदवार गुमनाम रूप से टोकन चुनता है और साक्षात्कार बोर्ड को उसी आधार पर आवंटित किया जाता है। ऐसे में इंटरव्यू से पहले किसी को पता नहीं चलता कि कौनसा कैंडिडेट किस बोर्ड में इंटरव्यू देगा। 8. बडे़ आकार की फोटो अनिवार्य अटेंडेंस शीट प्रोफार्मा में भी सुधार किया गया है। इसमें बड़े आकार की फोटो और उम्मीदवार की अंगुलियों के निशान शामिल हैं। जो पिछली बार की परीक्षा में नहीं थे। एसआई भर्ती-2021 एसआई भर्ती-2021 में बड़ी गिरफ्तारियां… 1. पूर्व RPSC मेंबर और बेटे-बेटी अरेस्ट- सब-इंस्पेक्टर (SI) भर्ती-2021 पेपर लीक मामले में RPSC के पूर्व सदस्य रामूराम राईका, उसके बेटे देवेश राईका और शोभा राईका की भी गिरफ्तारी हुई थी। देवेश राईका और शोभा राईका को जमानत मिल चुकी है। रामूराम राईका को 4 जुलाई 2018 को तत्कालीन बीजेपी सरकार (वसुंधरा राजे सरकार) के दौरान RPSC का मेंबर बनाया गया था। राईका 4 जुलाई 2022 तक मेंबर रहा था। रामूराम राईका अब भी जेल में है। 2. बाबूलाल कटारा से रामूराम राईका ने लिया था पेपर: सीनियर टीचर पेपर लीक मामले में गिरफ्तार निलंबित RPSC सदस्य बाबूलाल कटारा भी SI भर्ती पेपर लीक में शामिल था। रामूराम राईका ने एसओजी को बताया था कि वह अपने बेटे-बेटी के लिए बाबूलाल कटारा से पेपर लेकर आया था। 3. पूर्व सीएम गहलोत के PSO भी अरेस्ट: पूर्व सीएम अशोक गहलोत के पर्सनल सिक्योरिटी ऑफिसर (PSO) राजकुमार यादव और उसके बेटे भरत यादव को भी एसओजी ने गिरफ्तार किया था। राजकुमार यादव ने बेटे के लिए पेपर खरीदा था। इसके बाद अपने दूधवाले को भी पेपर बेचा था। आरोपी राजकुमार 8 अगस्त 2025 को पकड़ा गया था। एसआई भर्ती-2025 प्रोसेस जारी: रिजल्ट का इंतजार गृह विभाग में सब-इंस्पेक्टर/प्लाटून कमांडर भर्ती-2025 के लिए प्रोसेस जारी है। RPSC ने 17 जुलाई 2025 को एसआई भर्ती-2025 में 1015 पदों पर वैकेंसी निकाली। 10 अगस्त से 9 सितंबर 2025 तक आवेदन मांगे। कुल 7 लाख 70 हजार 49 कैंडिडेट्स ने आवेदन किए। 5 और 6 अप्रैल 2026 को दो-दो पारियों में लिखित एग्जाम हुआ। इसके लिए 26 जिलों के 41 शहरों में 1174 एग्जाम सेंटर बनाए गए। इनमें करीब 60 फीसदी उपस्थिति रही। हाल ही उप-निरीक्षक एपी नॉन-शेड्यूल एरिया के 61 पद बढ़ाए गए। पहले इस कैटेगरी में 896 पद थे, जो अब बढ़कर 957 हो गए। ऐसे में अब 1086 पदों पर भर्ती होगी। ------ यह खबर भी पढ़िए… राजस्थान हाईकोर्ट ने SI भर्ती-2021 रद्द की:आदेश- जो सरकारी नौकरी छोड़कर एसआई बने, उन्हें पुरानी जॉब वापस मिलेगी राजस्थान हाई कोर्ट ने गुरुवार को एसआई भर्ती 2021 रद्द कर दी। 859 पदों के लिए एग्जाम हुआ था। पेपर लीक में कई ट्रेनी एसआई पकड़े गए थे। पढ़ें पूरी खबर...
हाथरस में युवती के अपहरण का FIR दर्ज:पिता ने बहला-फुसलाकर ले जाने का युवक पर लगाया
हाथरस के कोतवाली सदर क्षेत्र में युवती के अपहरण का मामला सामने आया है। युवती के पिता की शिकायत पर पुलिस ने एक युवक के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर उसकी तलाश शुरू कर दी है। कोतवाली सदर क्षेत्र निवासी एक व्यक्ति ने पुलिस को दी तहरीर में आरोप लगाया है कि उनकी बेटी को शानू वार्ष्णेय पुत्र चंद्रपाल, निवासी काशीराम कॉलोनी, कोतवाली नगर, बहला-फुसलाकर अपने साथ ले गया है। शिकायत के अनुसार युवती घर से जाते समय अपना मोबाइल फोन भी साथ ले गई है। पीड़ित पिता ने पुलिस को युवती और आरोपी युवक दोनों के मोबाइल नंबर उपलब्ध कराए हैं। उन्होंने बेटी की सकुशल बरामदगी और आरोपी के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। पुलिस ने तहरीर के आधार पर संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया है। मामले की जांच की जा रही है और युवती तथा आरोपी युवक की तलाश के लिए पुलिस टीमों को लगाया गया है। पुलिस का कहना है कि मोबाइल नंबरों और अन्य उपलब्ध सुरागों के आधार पर दोनों की तलाश की जा रही है। युवती की बरामदगी के बाद आगे की विधिक कार्रवाई की जाएगी।
सिविल लाइन थाना क्षेत्र के नेशनल हाईवे 44 पर स्थित वन विभाग की एक अस्थाई चौकी में शनिवार सुबह एक तेज रफ्तार ट्रक अनियंत्रित होकर घुस गया। हादसे में ड्यूटी पर तैनात एक वन आरक्षक घायल हो गया, जबकि 11 अन्य जवानों ने भागकर अपनी जान बचाई। यह चौकी हाईवे के बीच डिवाइडर पर रेत माफियाओं और अवैध परिवहन की चेकिंग के लिए बनाई गई है। घायल जवान को इलाज के लिए जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है। जानकारी के अनुसार, सुबह के समय चौकी पर वन विभाग और एसएएफ (SAF) के कुल 12 जवान ड्यूटी पर तैनात थे। सभी स्टाफ जाग रहा था और बाहर डली कुर्सियों पर बैठा हुआ था। इसी दौरान तेज रफ्तार ट्रक (क्रमांक HR 38 Z 0324) अनियंत्रित होकर सीधा चौकी की तरफ आने लगा। ट्रक को अपनी ओर आता देख जवानों में भगदड़ मच गई और उन्होंने भागकर अपनी जान बचाई। ट्रक सीधे उन्हीं कुर्सियों पर चढ़ गया जहां जवान बैठे थे। इस हादसे में वनरक्षक गोपेन्द्र पाल घायल हो गए, जिनका अस्पताल में इलाज जारी है। डिवाइडर पर चौकी और ऑयल फैक्ट्री से बढ़ा खतरावन विभाग ने वन डिपो कार्यालय के सामने नेशनल हाईवे के बीच बने डिवाइडर पर यह अस्थाई चौकी बनाई है। हाईवे के बीचों-बीच होने के कारण यहां हमेशा हादसों का खतरा बना रहता है। इसके अलावा, चौकी के ठीक सामने एक ऑयल फैक्ट्री स्थित है। फैक्ट्री में आने-जाने वाले ट्रक अक्सर हाईवे के किनारे खड़े कर दिए जाते हैं। सड़क घिर जाने के कारण हाईवे का पूरा ट्रैफिक चौकी की तरफ से ही निकलने को मजबूर होता है, जिससे दुर्घटना की आशंका और अधिक बढ़ जाती है। अधीक्षक बोले- रिस्की पॉइंट है, लेकिन चेकिंग भी जरूरीइस घटना पर वन विभाग के देवरी अधीक्षक श्याम सिंह चौहान ने बताया कि ट्रक अनियंत्रित होकर चौकी में घुसा था। उन्होंने कहा, सभी वन कर्मी और एसएएफ जवान सुरक्षित हैं, केवल एक वन पाल घायल हुआ है जिसे जिला अस्पताल भेजा गया है। हाईवे पर चौकी होने के कारण यह एक रिस्की पॉइंट जरूर है, लेकिन अवैध रेत परिवहन पर रोक लगाने के लिए चेकिंग करना भी हमारी मजबूरी है। उन्होंने यह भी माना कि सामने स्थित फैक्ट्री के ट्रकों के कारण लगने वाले जाम से खतरा बढ़ता है। चौहान ने कहा कि इस समस्या का स्थायी हल निकालने के लिए वरिष्ठ अधिकारियों से चर्चा की जाएगी। फिलहाल, हादसे की सूचना सिविल लाइन पुलिस को दे दी गई है और पुलिस मामले की जांच कर रही है।
दैनिक भास्कर के 'समाधान' सेगमेंट पर जनता की आवाज का एक बार फिर बड़ा असर देखने को मिला है। उदयपुर-अहमदाबाद हाईवे पर मादड़ी रोड के पास गिरा लाइट पोल और यूनिवर्सिटी रोड पर यातायात बाधित कर रहा पेड़, समस्या पोस्ट होने के बाद प्रशासन ने मुस्तैदी दिखाते हुए तुरंत हटा दिया है। त्वरित कार्रवाई के लिए यूडीए (UDA) के इलेक्ट्रिक विंग के अधिशासी अभियंता संजय मीणा को आज का 'स्टार ऑफिसर' चुना गया है। हालांकि, शहर के कई रिहायशी इलाकों से अब भी नागरिक मूलभूत सुविधाओं के अभाव और गंदगी की गंभीर समस्याओं से जूझ रहे हैं। नाकोड़ा नगर में नालियों का ओवरफ्लो, हिरण मगरी में कचरे का ढेर, शीतल कॉलोनी में कीचड़ और चित्रकूट नगर में खुला नाला राहगीरों के लिए बड़ी मुसीबत बना हुआ है। (आमजन से जुड़ी जनसमस्या और शहर की जमीनी हकीकत को पोस्ट करने के लिए यहां क्लिक करें।) नाकोड़ा नगर में नाली के ओवरफ्लो की समस्याउदयपुर के नाकोड़ा नगर से मंजू पुरोहित ने दैनिक भास्कर के समाधान सेगमेंट पर नालियों का कीचड़ सड़क पर आने की समस्या पोस्ट की है। मंजू ने बताया कि कई समय से बारिश ने दिनों में नाली ओवरफ्लो हो रही है, जिसका कचरा रोड पर आकर जमा हो रहा है। गंदगी से जूझ रहे हिरण मगरी क्षेत्र के लोगहिरण मगरी के मेन चौराहा से मुकेश कुमार ने कचरे और गंदी बदबू की समस्या के बारे में समाधान सेगमेंट पर पोस्ट किया। उन्होंने लिखा कि यहां इलाके में काफी कचरा जमा है, इसमें से गंदी बदबू भी आ रही है। गंदगी के कारण लोगों को बीमारियों का भी डर बना हुआ है। बारिश के दिनों में कच्ची रोड से होता है कीचड़सवीना खेड़ा के शीतल कॉलोनी से लोकेश कुमार ने इलाके में सड़क और नाली निर्माण नहीं होने के बारे में बताया है। लोकेश का कहना है कि बारिश के दिनों में कच्ची रोड के कारण कीचड़ हो जाती है। लोगों को आवागमन में भी असुविधा होती है। चित्रकूट नगर में नाला बना खतराचित्रकूट नगर के 80 फीट रोड से करनवीर सिंह चंपावत ने कॉलोनी में खुले पड़े नाले की गंभीर स्थिति के बारे में लिखा है। उन्होंने बताया कि नाला खुला होने से हादसों का डर बना रहता है और वाहन चालकों के लिए भी खतरा है। 1 दिन में टूटे पेड़ की समस्या का हुआ समाधानउदयपुर शहर के यूनिवर्सिटी रोड के केटीएसयू सर्किल से नरेंद्र ने दैनिक भास्कर के समाधान सेगमेंट पर पेड़ गिरा हुआ होनी की समस्या पोस्ट की थी। पेड़ रास्ते में पड़ा था जिससे लोगों को आने-जाने में दिक्कत हो रही थी। समस्या पोस्ट होते ही संबंधित विभाग ने तुरंत कार्रवाई कर समाधान करवा दिया है। उदयपुर-अहमदाबाद हाईवे पर पोल की समस्या का समाधानखेमपुरा के श्री रामपुरा से हसरत मोहम्मद ने भी समाधान सेगमेंट पर पोस्ट किया था। उन्होंने उदयपुर-अहमदाबाद हाईवे पर मादडी जाने वाली रोड पर गिरे हुए पोल के बारे में लिखा था। समस्या पोस्ट होते ही UDA के इलेक्ट्रिक विंग के अधिशासी अभियंता ने समाधान करवा दिया है। जिससे लोगों को काफी राहत मिली है। संजय मीणा बने आज के 'स्टार ऑफिसर'उदयपुर शहर के उदयपुर-अहमदाबाद हाईवे से हसरत मोहम्मद ने रोड पर गिरे हुए पोल के बारे में समस्या पोस्ट की थी। जिसके बाद UDA के इलेक्ट्रिक विंग के अधिशासी अभियंता संजय मीणा ने समाधान करवा दिया है। जिससे क्षेत्र के लोगों को काफी राहत मिली है। आमजन की आवाज बना ‘भास्कर समाधान’ ‘भास्कर समाधान’ सेगमेंट देशभर में इकलौता ऐसा डिजिटल प्लेटफॉर्म है, जहां शहरवासी सीधे अपने इलाके से जुड़े सिविक इश्यू खुद पोस्ट कर सकते हैं। ये सेगमेंट जनता को अपने गली-मोहल्ले की परेशानियां सीधे विभाग के उच्चाधिकारियों के सामने रखने की सुविधा देता है। लोगों से मिले जबरदस्त रिस्पॉन्स के बाद अब इसे और अधिक प्रभावी, सरल और यूजर-फ्रेंडली बनाया गया है। अब सीधे अधिकारियों तक पहुंच रहीं समस्याएं दैनिक भास्कर के इस सेगमेंट में अधिकारी भी अपने एक्शन के बारे में बता सकेंगे। शिकायत जिस विभाग से संबंधित है, वह अब सीधे उन्हीं अधिकारियों तक पहुंचेगी। इसके बाद अधिकारी उस लोकेशन को मैप पर देख सकेंगे। यदि उन्होंने समाधान कर दिया है तो शिकायतकर्ता को इसकी जानकारी एप के जरिए ही दे सकेंगे या बता सकेंगे कि अभी काम जारी है। अधिकारी चाहें तो जिस यूजर ने शिकायत की है, उसे कॉल भी कर सकते हैं। भास्कर एप से समस्याओं के समाधान की ये खबरें भी पढ़िए… 1.उदयपुर में कहीं अंधेरे से खतरा,कहीं सड़क-नालियों का संकट:जीएसटी विभाग के क्वार्टर्स में कचरा; भास्कर समाधान से मिली कई समस्याओं से राहत 2. भास्कर समाधान असर, एक पोस्ट से घर बैठे समाधान:कहीं नदी में मिल रहा गंदे नाले का पानी, कहीं टूटी सड़कें बनी मुसीबत, जेईएन शिवानी बनीं 'पब्लिक की स्टार' 3. राजस्थान के 5 और शहरों में 'भास्कर समाधान' लॉन्च:डिप्टी सीएम बैरवा, शिक्षा, कानून और वन मंत्री ने की शुरुआत, समस्या से समाधान तक ऑनलाइन 4. उदयपुर शहर में भास्कर समाधान का असर:खुला नाला और गंदे पानी से लोग परेशान, राजकुमार मावलिया बने आज के 'पब्लिक के स्टार'
करनाल जिले में तरावड़ी के पास राष्ट्रीय राजमार्ग-44 पर एक बड़ा सड़क हादसा हो गया, जहां दिल्ली से मनाली जा रही टूरिस्ट बस की ट्रक और ट्रैक्टर-ट्राली से भिड़ंत हो गई। हादसा इतना जोरदार था कि ट्रक आगे चल रही ट्रैक्टर-ट्राली से जा टकराया और ट्रैक्टर-ट्राली रेलिंग व साइन बोर्ड से टकराकर पलट गई। हादसे में करीब 8 से 10 लोग घायल हुए हैं। घटना की सूचना के बाद पुलिस मौके पर पहुंच गई और घायलो को एम्बुलेंस के माध्यम से नजदीकी अस्पताल में भर्ती कराया गया है। पुलिस ने हाइड्रा क्रेन की मदद से क्षतिग्रस्त वाहनों को रास्ते से हटवाया और यातायात सुचारू किया। बस ने ट्रक को पीछे से मारी टक्कर एएसआई सुभाष चंद्र के अनुसार शुक्रवार की देर रात वोल्वो बस दिल्ली से मनाली की तरफ जा रही थी। बस के आगे ट्रक और उसके आगे ट्रैक्टर-ट्राली चल रही थी। अचानक बस ने ट्रक को पीछे से टक्कर मार दी। टक्कर लगते ही ट्रक का संतुलन बिगड़ गया और वह आगे चल रही ट्रैक्टर-ट्राली से टकरा गया। इससे ट्रैक्टर-ट्राली अनियंत्रित होकर हाईवे और सर्विस रोड के बीच पलट गई। बस में मची अफरा-तफरी हादसे के वक्त बस में सवार यात्री सो रहे थे। यात्रियों ने बताया कि अचानक जोरदार झटका लगा, जिससे पूरी बस में अफरा-तफरी मच गई। कई यात्रियों के सिर और मुंह पर चोटें आई हैं। बस में सवार करीब 6-7 यात्रियों को चोटें लगी हैं, जबकि अन्य को भी हल्की चोटें आई हैं। जाम के बाद पुलिस ने संभाला मोर्चा हादसे में बस का अगला हिस्सा बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया। वहीं ट्रक और ट्रैक्टर-ट्राली को भी नुकसान पहुंचा है। ट्रैक्टर-ट्राली में हरा चारा भरा हुआ था, जो पलटने के बाद सड़क पर फैल गया। हादसे के बाद हाईवे पर जाम की स्थिति बन गई और अफरा-तफरी का माहौल हो गया। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और हाइड्रा क्रेन की मदद से क्षतिग्रस्त वाहनों को सड़क से हटवाया। इसके बाद यातायात को सुचारु रूप से चालू करवाया गया। घायलों का अस्पताल में इलाज जारी पुलिस ने सभी घायलों को तरावड़ी के सिविल अस्पताल पहुंचाया, जहां उनका इलाज चल रहा है। हादसे के बाद इलाके में कुछ समय तक दहशत का माहौल बना रहा, हालांकि पुलिस की तत्परता से स्थिति जल्द सामान्य कर दी गई।
राज्यसभा की दो सीटों पर होने वाले चुनाव को लेकर महागठबंधन के दो घटक दल झामुमो और कांग्रेस में तनातनी बढ़ गई है। गुरुवार रात कांग्रेस प्रत्याशी की घोषणा के बाद शुक्रवार को झामुमो विधायकों ने दोनों सीटों पर दावा ठोक दिया। झामुमो महासचिव सुप्रियो भट्टाचार्य ने कहा कि एकतरफा प्यार कब तक चलेगा। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन को शुक्रवार को उच्च एवं तकनीकी शिक्षा विभाग और पर्यटन विभाग की समीक्षा करनी थी। लेकिन उन्होंने सभी सरकारी कार्यक्रमों को स्थगित कर अपने आवास पर पार्टी विधायकों और वरिष्ठ नेताओं की बैठक बुलाई। केंद्रीय अध्यक्ष हेमंत सोरेन इस पर फैसला लेने के लिए अधिकृतकरीब दो घंटे चली बैठक में सभी नेताओं ने एक सुर में दोनों सीटों पर प्रत्याशी उतारने का सुझाव दिया। साथ ही केंद्रीय अध्यक्ष हेमंत सोरेन को इस पर फैसला लेने के लिए अधिकृत कर दिया। इन दोनों सीटों पर उम्मीदवार कौन होंगे, यह निर्णय भी मुख्यमंत्री लेंगे। अब झामुमो में अंजनी सोरेन, विनोद कुमार पांडेय, फागू बेसरा और प्रणव वर्मा के नाम पर चर्चा शुरू हो गई है। बैठक के बाद मंत्री हफीजुल हसन और योगेंद्र प्रसाद ने कहा कि हमने अपनी भावनाओं से केंद्रीय अध्यक्ष को अवगत करा दिया है। इसमें दोनों सीटों पर प्रत्याशी उतारने की सलाह दी गई है। इसके लिए हेमंत सोरेन को अधिकृत कर दिया गया है। वहीं पूर्व मंत्री बैजनाथ राम ने कहा-कांग्रेस ने कहा था कि मुख्यमंत्री की पसंद का प्रत्याशी होगा। फिर अचानक प्रत्याशी के नाम की घोषणा कर दी। कांग्रेस के इस कदम पर सबने नाराजगी जताई। हम पूरे त्याग के साथ एकतरफा प्यार करते आ रहे हैं : सुप्रियोबैठक के बाद झामुमो महासचिव सुप्रियो भट्टाचार्य ने कहा कि महागठबंधन में हम पूरे त्याग के साथ एकतरफा प्यार करते आ रहे हैं। वर्ष 2019 में सिर्फ एक विधायक वाले राजद के सत्यानंद भोक्ता को मंत्री बनाया। कांग्रेस को चार मंत्री पद मिले। वर्ष 2024 में भी कांग्रेस को चार मंत्री पद मिले। इसके बावजूद इन दोनों दलों ने बिहार विधानसभा चुनाव में वादाखिलाफी की। पहले राजद ने दरकिनार किया, फिर कांग्रेस ने भी साथ नहीं दिया। असम विधानसभा चुनाव में भी हमें दरकिनार किया गया। 2024 का लोकसभा चुनाव में झामुमो की बदौलत कांग्रेस को दोनों सीटें मिलीं। विधानसभा चुनाव में भी हेमंत सोरेन के नेतृत्व वाली महागठबंधन को 56 सीटें आईं। इस हिसाब से दोनों सीटों पर झामुमो का दावा बनता है। कांग्रेस ने जब कहा था कि सीएमओ की पंसद का उम्मीदवार होगा, तो अंतिम निर्णय पर पहुंचने के पहले प्रत्याशी क्यों घोषित कर दिया गया। झामुमो से दूरी पाटने के लिए सीएम से मिलेंगे कांग्रेसी : प्रदीपकांग्रेस विधायक दल की शुक्रवार शाम बैठक हुई। इसमें राज्यसभा चुनाव को लेकर रणनीति तय की गई। बैठक के बाद विधायक दल के नेता प्रदीप यादव ने कहा कि झामुमो के साथ जो थोड़ी बहुत दूरी दिख रही है, उसे दूर करने के लिए कांग्रेस नेता मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन से मिलेंगे। उधर, झामुमो महासचिव सुप्रियो भट्टाचार्य के एक तरफा प्यार वाले बयान पर प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष केशव महतो कमलेश ने कहा-प्रत्याशी की घोषणा से पहले प्रदेश कांग्रेस प्रभारी के. राजू और तेलंगाना के डिप्टी सीएम मल्लू भट्टी विक्रमार्क ने मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन से मुलाकात की थी। कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने भी मुख्यमंत्री से बात की थी। इसके बाद प्रत्याशी की घोषणा की गई। कमलेश ने कहा कि गठबंधन से राज्यसभा चुनाव के लिए दो प्रत्याशी होंगे और दोनों ही जीतेंगे। गौरव हो सकते हैं भाजपा रास चुनाव प्रत्याशीभाजपा विधायक दल की भी शुक्रवार को बैठक हुई। इसमें राज्यसभा चुनाव में जीत की रणनीति बनी। भाजपा के राज्यसभा प्रत्याशी के रूप में गौरव वल्लभ के नाम की चर्चा दिन भर रही। अब शनिवार को पार्टी प्रत्याशी के नाम की घोषणा करेगी। बैठक के बाद पार्टी के मुख्य सचेतक नवीन जायसवाल ने बताया कि भाजपा प्रत्याशी उतारेगी और जीतेगी। हम पक्ष और विपक्ष के सभी विधायकों से वोट मांगेंगे।
कोटा के बोरखेड़ा थाना क्षेत्र में चंद्रेसल मठ के महंत की अज्ञात बदमाशों ने हत्या कर दी। बदमाशों ने सोते हुए महंत देवानंद महाराज (35) पर चाकू से ताबड़तोड़ वार किए। मठ करीब 1100 साल पुराना है। घटना शुक्रवार देर रात करीब 12 बजे की है। जानकारी के अनुसार देवानंद महाराज मायापुरी अखाड़े के महंत थे। महंत की हत्या से साधु संत व हिंदू संगठनों में गुस्सा है। मठ में घुसे हथियारबंद बदमाश जानकारी के अनुसार स्वामी देवानंद, रजवाना, तहसील, चौथ का बरवाड़ा, जिला सवाई माधोपुर के रहने वाले थे। पिछले 4 साल से कोटा स्थित चंद्रेसल गांव स्थित मठ में रह रहे थे। कोटा देहात भाजपा के पूर्व जिलाध्यक्ष मुकुट नागर ने बताया कि रात के समय हथियारों से लेस अज्ञात बदमाश चंद्रेसल मठ में घुसे। उस दौरान पुजारी व महंत अपने-अपने कमरे में सो रहे थे। बदमाशों ने पुजारी के कमरे की बाहर से कुंडी लगा दी। फिर महंत के कमरे में गए। बदमाशों सोते हुए महंत पर चाकू से ताबड़तोड़ हमला कर दिया। महंत के गर्दन व पीठ पर चाकू के घाव लगे हैं। फिलहाल हत्या के कारण सामने नहीं आया है। खबर अपडेट की जा रही है…
विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर राजकीय सामुदायिक अस्पताल बबाई में पौधारोपण कार्यक्रम आयोजित किया गया। चिकित्सा प्रभारी डॉ. रामकिशन चौधरी के नेतृत्व में परिवार ने पांच पौधे लगाए। इस दौरान कुमारी प्रणिता सिंह ने लगाए गए सभी पौधों की देखभाल और संरक्षण की जिम्मेदारी ली। इस अवसर पर डॉ. रामकिशन चौधरी, डॉ. रामकुमार सिराधना, रामचंद्र सैनी, कुलदीप शर्मा, विनर कुमार स्वामी, हरिसिंह चांदेला, राजवीर सिराधना सहित कई लोग उपस्थित रहे। डॉ. रामकिशन चौधरी ने इस मौके पर कहा कि प्रकृति हमारे जीवन का आधार है और आने वाली पीढ़ियों के भविष्य की सबसे बड़ी धरोहर है। उन्होंने सभी से जीवनदायिनी नदियों, प्रकृति के प्रहरी पर्वतों, अमूल्य वनस्पतियों और समस्त प्राकृतिक संसाधनों के संरक्षण का संकल्प लेने का आह्वान किया।
कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के दिल्ली में जंतर मंतर पर आज शनिवार को प्रस्तावित प्रदर्शन को लेकर हरियाणा पुलिस भी अलर्ट हो गई है। रोहतक-दिल्ली के बॉर्डर पर सुरक्षा बढ़ा दी गई है। इसी कड़ी में रोहतक जिला परिषद के सदस्य जयदेव डागर और उनके साथियों को सांपला पुलिस ने हिरासत में लिया। जयदेव प्रदर्शन में शामिल होने के लिए दिल्ली जा रहे थे। पुलिस ने रास्ते में ही उनकी गाड़ी को रूकवाकर हिरासत में ले लिया। इस दौरान उनकी पुलिस से काफी बहस भी हुई। मगर, पुलिस ने जयदेव के साथ उनके साथियों को थाने लेकर चली गई। पुलिस ने दिल्ली जाने वाले अन्य युवाओं को भी हिरासत में लेना शुरू कर दिया है। बता दें कि कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के फाउंडर अभिजीत दीपके शनिवार सुबह 7:45 बजे अमेरिका से दिल्ली पहुंचे। यहां से वे सीधे पार्लियामेंट स्ट्रीट पुलिस स्टेशन जाएंगे और जंतर-मंतर पर प्रदर्शन की इजाजत लेंगे। अभिजीत ने समर्थकों से पुलिस स्टेशन पहुंचने की अपील की है। CJP दिल्ली के जंतर-मंतर पर आज अपना पहला प्रदर्शन करेगी। यह प्रदर्शन NEET-UG पेपर लीक और CBSE, CUET SSC-GD जैसी परीक्षाओं में हुई गड़बड़ियों के खिलाफ है। CJP ने समर्थकों से कहा- क्या करें, क्या न करें जयदेव डागर ने 22 मई को CJP के लिए किया था प्रदर्शन जिला परिषद के सदस्य जयदेव डागर ने 22 मई को कॉकरोच जनता पार्टी की तरफ से विरोध प्रदर्शन किया था। डीसी के माध्यम से सरकार के नाम ज्ञापन सौंपा था। जयदेव CJP की तरफ से प्रदर्शन करने वाले जिले में पहले व्यक्ति रहे, जिसके बाद काफी लोग उनके साथ जुड़ गए। जयदेव ने दिल्ली में होने वाले कॉकरोच जनता पार्टी के प्रदर्शन में शामिल होने के बारे में पहले ही अपनी स्थिति को स्पष्ट कर दिया था। कहा था कि वह प्रदर्शन में शामिल होंगे और उनके साथ अन्य युवा भी दिल्ली प्रदर्शन में शामिल होकर नीट पेपर लीक मामले में शिक्षामंत्री का इस्तीफा मांगेंगे। दीपक धनखड़ पहुंचे दिल्ली, घर पर पहुंची पुलिस उधर, आम आदमी पार्टी की छात्र विंग के प्रदेशाध्यक्ष दीपक धनखड़ सुबह करीब साढे 6 बजे दिल्ली के लिए रवाना हो गए। इसके एक घंटे बाद सुबह 7 बजे पुलिस की टीम दीपक धनखड़ के घर उसे हिरासत में लेने के लिए पहुंची। पुलिस दीपक धनखड़ के घर बैठी हुई है, जबकि दीपक दिल्ली प्रदर्शन में शामिल होने के लिए पहुंच गए है। उधर, भारतीय किसान यूनियन चढूनी के अध्यक्ष गुरनाम सिंह चढूनी वीडियो जारी कर कहा कि वे दिल्ली प्रदर्शन में शामिल नहीं होंगे। उनका आज यानी 6 से 8 जून तक हरिद्वार में राष्ट्रीय चिंतन शिविर चलेगा। उनका कार्यक्रम पहले से तय था। हालांकि हमारे कुछ साथी जाएंगे और सहयोग करेंगे। कॉकरोच जनता पार्टी का हरियाणा में इंपेक्ट…. CJI के स्टेटमेंट से शुरू हुआ, विधायक-सांसद ने डाली पोस्ट हरियाणा के हिसार के रहने वाले सुप्रीम कोर्ट के चीफ जस्टिस सूर्यकांत की स्टेटमेंट के बाद शुरू हुआ ‘कॉकरोच’ डिजिटल मूवमेंट की हरियाणा में भी एंट्री हो चुकी है। इनेलो विधायक अर्जुन चौटाला ने कहा था-मैं उस जनरेशन से हूं जिसे आलसी और कॉकरोच कहा गया, इस तरह मैं कॉकरोचों का पहला विधायक हुआ। वहीं, रोहतक से कांग्रेस सांसद दीपेंद्र हुड्डा ने सोशल मीडिया हैंडल पर पोस्ट की थी- मैंने आज सुना कि उनका (कॉकरोच जनता पार्टी) ट्विटर अकाउंट बैन कर दिया गया है, नोटबंदी और वोट बंदी के बाद BJP अब लाई है ‘कॉकरोच बंदी। (पूरी खबर पढ़ें) रोहतक और हिसार में किया गया था प्रदर्शन 15 दिन पहले रोहतक में कॉकरोच जनता पार्टी से जुड़े युवाओं ने शहर में जोरदार विरोध प्रदर्शन किया था। सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए डीसी के माध्यम से राष्ट्रपति व प्रधानमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा। इसमें कहा गया था कि नीट पेपर लीक होने से लाखों युवाओं के भविष्य पर संकट मंडरा गया है। इसके लिए केंद्रीय शिक्षामंत्री धर्मेंद्र प्रधान को इस्तीफा देना चाहिए। वही, हिसार शहर में चल रहे अतिक्रमण हटाओ अभियान के बीच कॉकरोच जनता पार्टी के कार्यकर्ताओं ने नगर निगम प्रशासन के खिलाफ प्रदर्शन किया था। (पूरी खबर पढ़ें) कैसे हुआ कॉकरोच जनता पार्टी का उदय, कौन है फाउंडर और प्रवक्ता…
सीहोर जिले की भैरूंदा पुलिस ने महज 48 घंटे के भीतर क्षेत्र में हुई दो चोरियों का पर्दाफाश करने में बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस ने इन मामलों में एक शातिर चोर को गिरफ्तार किया है, जो पहले भी चोरी के आरोप में जेल की हवा खा चुका है। पुलिस ने पकड़े गए आरोपी की निशानदेही पर कुल 60,000 रुपये का चोरी का सामान और नकदी बरामद कर ली है। भैरूंदा पुलिस के अनुसार, 4 जून को फरियादी अनवार खान ने थाने में शिकायत दर्ज कराई थी। उन्होंने बताया था कि 3 मई की रात अज्ञात चोरों ने उनकी दुकान का शटर तोड़कर लोहे के औजार, तीन पासे, करीब 1 किलो पीतल की कंगनी और कल्टीवेटर के मोजे चोरी कर लिए थे। पुलिस ने इस मामले में नए कानून भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 331(4) और 305(ए) के तहत केस दर्ज कर त्वरित जांच शुरू की थी। सख्ती से पूछताछ में कबूली ट्रैक्टर से चोरी की वारदातमामले की गंभीरता को देखते हुए एसपी सोनाक्षी सक्सेना के सख्त निर्देश और एसडीओपी रोशन जैन के मार्गदर्शन में भैरूंदा थाना प्रभारी ने एक विशेष टीम का गठन किया। जांच के दौरान पुलिस का शक सुभाष कॉलोनी निवासी 22 वर्षीय जितेंद्र उईके पर गहराया। पुलिस ने घेराबंदी कर उसे हिरासत में लिया। जब उससे सख्ती से पूछताछ की गई, तो उसने दुकान में चोरी का जुर्म कबूलने के साथ ही एक और वारदात का खुलासा किया। उसने बताया कि कुछ समय पहले उसने एक किसान के ट्रैक्टर की डिग्गी से 94,253 रुपये से भरा एक झोला भी चुराया था। 40 हजार का सामान और 20 हजार कैश बरामदपुलिस ने आरोपी जितेंद्र के पास से दुकान से चोरी हुआ 40,000 रुपये का सामान और ट्रैक्टर से चोरी की गई नकदी में से 20,000 रुपये (कुल 60 हजार रुपये की रिकवरी) बरामद किए हैं। खुल सकते हैं अन्य चोरियों के राजपुलिस अधिकारियों का कहना है कि आरोपी का पुराना आपराधिक रिकॉर्ड रहा है। उसकी इस गिरफ्तारी और पूछताछ से क्षेत्र में हुई कुछ अन्य चोरियों के मामलों का भी पर्दाफाश होने की पूरी उम्मीद है। फिलहाल पुलिस आरोपी से आगे की पूछताछ कर रही है।
घाटोली पुलिस ने यातायात नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहन चालकों के खिलाफ विशेष अभियान चलाया। जिला पुलिस अधीक्षक अमित कुमार आईपीएस के निर्देश पर घाटोली थाना अधिकारी अजय कुमार शर्मा और उनकी टीम ने नेशनल हाईवे 52 स्थित बस स्टैंड घाटोली पर नाकाबंदी की। यह कार्रवाई पुलिस मुख्यालय द्वारा चलाए जा रहे परिवहन सुरक्षा अभियान का हिस्सा थी। इस अभियान के दौरान कुल 30 वाहन चालकों के विरुद्ध कार्रवाई की गई। इनमें वो वाहन चालक शामिल थे जिनकी नंबर प्लेट पर अनाधिकृत चिन्ह या नाम का उपयोग किया गया था, जिनकी नंबर प्लेट नियमानुसार नहीं थी, जो प्रेशर हॉर्न या फ्लैशलाइट का उपयोग कर रहे थे, और जिनके वाहनों के शीशों पर काली फिल्म लगी थी। पुलिस टीम ने वाहन चालकों को यातायात नियमों का पालन करने, वाहन चलाते समय हेलमेट पहनने और सीट बेल्ट लगाने के लिए भी जागरूक किया।
छत्तीसगढ़ के सुकमा जिले में किस्टाराम के कुम्माडोंग जंगल-पहाड़ी इलाके में पुलिस ने नक्सलियों के छिपाकर रखे गए हथियार, गोला-बारूद और विस्फोटक सामग्री का डंप बरामद किया है। बरामद सामग्री में एक इंसास रायफल सहित बड़ी मात्रा में कारतूस और विस्फोटक पदार्थ है। पुलिस के मुताबिक, जिले में लगातार सर्चिंग और एरिया डॉमिनेशन अभियान चलाए जा रहे हैं। इसी अभियान के तहत यह कार्रवाई की गई। पुलिस को आत्मसमर्पण कर चुके पूर्व नक्सलियों से सूचना मिली थी कि, नक्सली संगठन ने कुम्माडोंग के जंगल क्षेत्र में हथियार और अन्य सामग्री छिपाकर रखी है। सूचना के बाद मौके पर निकले जवान सूचना मिलने के बाद पुलिस टीम ने इलाके में सर्च ऑपरेशन शुरू किया। जंगल और पहाड़ी क्षेत्र में तलाशी के दौरान जवानों को एक संदिग्ध स्थान मिला, जहां नक्सलियों ने हथियार और गोला-बारूद डंप कर रखा था। सुरक्षा मानकों का पालन करते हुए टीम ने मौके से सामग्री बरामद कर जब्त कर ली। ये हथियार और सामान बरामद बरामद सामग्री में एक इंसास रायफल, 49 इंसास सकारतूस, 12 एसएलआर कारतूस, 27 नग .303 कारतूस, 16 नग 8 एमएम कारतूस, 7 मस्केट कारतूस और 7 नग 12 बोर कारतूस शामिल हैं। इसके अलावा दो बंडल कॉर्डेक्स वायर (करीब 30 मीटर), तीन इंसास मैग्जीन, 6 वायरलेस सेल, एक पोच और एक स्टील का डिब्बा भी मिला है। पुलिस का मानना है कि नक्सलियों ने भविष्य में किसी बड़ी वारदात को अंजाम देने या सुरक्षा बलों के खिलाफ इस्तेमाल करने के उद्देश्य से इन हथियारों और सामग्री को जंगल में छिपाकर रखा था। जिसे फोर्स ने बरामद कर लिया है।
‘फेल’ अभ्यर्थी बाद में निकला पास:हाईकोर्ट की दखल से बदला एआईबीई का परिणाम
इलाहाबाद हाईकोर्ट की लखनऊ खंडपीठ ने ऑल इंडिया बार एग्जामिनेशन (एआईबीई-20) में असफल घोषित किए गए एक अभ्यर्थी को राहत दी है। मामले की सुनवाई के दौरान बार काउंसिल ऑफ इंडिया (बीसीआई) ने स्वीकार किया कि मैनुअल सत्यापन में अभ्यर्थी परीक्षा में उत्तीर्ण पाया गया। इसके बाद न्यायालय ने बीसीआई को मामले पर पुनर्विचार करने का निर्देश दिया। न्यायमूर्ति शेखर बी. सराफ और न्यायमूर्ति अवधेश कुमार चौधरी की खंडपीठ ने लव यादव की याचिका पर यह आदेश पारित किया। यादव ने अपने परीक्षा परिणाम को चुनौती देते हुए कहा था कि उसे एक तकनीकी त्रुटि के कारण असफल घोषित किया गया था। याचिका में बताया गया कि अभ्यर्थी ने प्रश्न पुस्तिका का सेट कोड 'डी' ओएमआर शीट में सही दर्ज किया था, लेकिन उससे संबंधित बबल भरना भूल गया। इस तकनीकी चूक के कारण मशीन ने उत्तर पुस्तिका का मूल्यांकन गलत सेट के आधार पर कर दिया, जिससे उसका परिणाम 'फेल' घोषित हो गया। सुनवाई के दौरान, बीसीआई ने न्यायालय को सूचित किया कि उसके निर्देश पर उत्तर पुस्तिका की मैनुअल जांच की गई। जांच में यह पाया गया कि यदि प्रश्न पुस्तिका के सही सेट 'डी' के अनुसार मूल्यांकन किया जाता है, तो अभ्यर्थी परीक्षा में सफल है। इस पर न्यायालय ने बीसीआई को मामले पर पुनर्विचार कर आवश्यक निर्णय लेने का निर्देश दिया। न्यायालय ने टिप्पणी की कि एआईबीई परीक्षा अधिवक्ता के रूप में प्रैक्टिस करने के लिए 'सर्टिफिकेट ऑफ प्रैक्टिस' प्राप्त करने की अनिवार्य शर्त है। इसलिए, केवल तकनीकी या मानवीय त्रुटि के कारण किसी अभ्यर्थी के करियर को प्रभावित नहीं किया जा सकता और ऐसे मामलों में न्यायपूर्ण दृष्टिकोण अपनाया जाना चाहिए।
आगरा में शनिवार सुबह से ही तेज धूप और गर्मी का असर महसूस किया जा रहा है। हवा की रफ्तार धीमी होने से उमस भी बढ़ने लगी है। मौसम विभाग के अनुसार फिलहाल आंधी और बारिश की कोई संभावना नहीं है। ऐसे में आने वाले दिनों में लोगों को तेज धूप, उमस और चुभन वाली गर्मी का सामना करना पड़ सकता है। शुक्रवार को शहर का अधिकतम तापमान 34.6 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 24.7 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। इससे एक दिन पहले गुरुवार को अधिकतम तापमान 40.6 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 26.8 डिग्री सेल्सियस रहा था। शुक्रवार को चली हवाओं के कारण तापमान में कुछ गिरावट दर्ज की गई, लेकिन अब मौसम फिर गर्म होने लगा है। हालांकि अभी भी रात का तापमान सामान्य से 3.7 डिग्री सेल्सियस कम बना हुआ है, जिससे रात के समय कुछ राहत मिल रही है। जानिए पिछले दिनों के तापमान की स्थिति थम गए बादल, बढ़ेगी उमस पिछले दिनों आए अंधड़ और बारिश के बाद अब मौसम साफ हो गया है। आसमान में बादलों की गतिविधि कम हो गई है और मानसून के आगमन में अभी समय है। मौसम विभाग का अनुमान है कि 6 से 11 जून के बीच बारिश की संभावना नहीं है। शुरुआती दिनों में हल्के बादल दिखाई दे सकते हैं, लेकिन बाद में आसमान साफ रहेगा। बारिश के बाद निकली तेज धूप के कारण वातावरण में नमी बढ़ेगी, जिससे उमस और चुभन वाली गर्मी का असर अधिक महसूस होगा। बाहर निकलने पर लोगों को पसीने और गर्म हवाओं से परेशानी हो सकती है। 41 डिग्री तक पहुंच सकता है तापमान मौसम विभाग के अनुसार अगले कुछ दिनों में तापमान धीरे-धीरे बढ़ता रहेगा। दिन का तापमान 38 से 41 डिग्री सेल्सियस के बीच पहुंच सकता है। शनिवार को दिनभर तेज धूप रहने का अनुमान है, जबकि शाम के समय हल्की हवा चल सकती है। 11 जून तक नहीं बारिश के संकेत मौसम विभाग ने स्पष्ट किया है कि 11 जून तक आंधी और बारिश के कोई मजबूत संकेत नहीं हैं। ऐसे में लोगों को गर्मी से बचाव के लिए पर्याप्त पानी पीने, धूप में निकलने से बचने और आवश्यक सावधानियां बरतने की सलाह दी गई है। आने वाले दिनों के तापमान का अनुमान जानिए
देवरिया में डीआईजी एस. चन्नप्पा ने शुक्रवार रात पुलिस लाइन सभागार में समीक्षा बैठक कर कानून-व्यवस्था, महिला सुरक्षा, मिशन शक्ति फेज-5 और आगामी पुलिस भर्ती परीक्षा की तैयारियों की समीक्षा की। उन्होंने स्पष्ट किया कि भर्ती परीक्षा के आयोजन और महिला अपराधों के मामलों में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।शुक्रवार रात आयोजित समीक्षा बैठक में डीआईजी एस. चन्नप्पा ने आगामी पुलिस भर्ती परीक्षा को निष्पक्ष, शांतिपूर्ण और सुरक्षित ढंग से संपन्न कराने के लिए अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। उन्होंने परीक्षा केंद्रों के आसपास सघन निगरानी, पर्याप्त सुरक्षा व्यवस्था और अभ्यर्थियों की सुविधाओं को सुनिश्चित करने पर जोर दिया। डीआईजी ने संवेदनशील स्थानों पर विशेष निगरानी रखने और परीक्षा के दौरान यातायात व्यवस्था सुचारु बनाए रखने के लिए पहले से कार्ययोजना तैयार करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि परीक्षा की शुचिता बनाए रखने में किसी भी स्तर पर लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी। महिला सुरक्षा के मुद्दे पर डीआईजी ने सख्त रुख अपनाते हुए कहा कि महिला अपराध के मामलों में त्वरित और प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि ऐसे मामलों में स्वयं मौके पर पहुंचकर जांच की निगरानी करें और पीड़ितों को समयबद्ध न्याय दिलाने का प्रयास करें। अपराध नियंत्रण को पुलिस की सर्वोच्च प्राथमिकता बताते हुए डीआईजी ने सक्रिय अपराधियों के खिलाफ प्रभावी कार्रवाई के निर्देश दिए। उन्होंने गुंडा एक्ट, गैंगस्टर एक्ट और अन्य निरोधात्मक धाराओं के तहत कार्रवाई तेज करने को कहा। साथ ही शराब तस्करी और पशु तस्करी के विरुद्ध विशेष अभियान चलाने के भी निर्देश दिए। उन्होंने शहर और कस्बाई क्षेत्रों में पुलिस गश्त बढ़ाने पर जोर देते हुए कहा कि प्रमुख बाजारों, चौराहों और भीड़भाड़ वाले स्थानों पर पुलिस की सक्रिय मौजूदगी दिखाई देनी चाहिए, ताकि अपराधों पर प्रभावी अंकुश लगाया जा सके। मिशन शक्ति फेज-5 पर विशेष फोकसडीआईजी ने मिशन शक्ति फेज-5 के तहत महिलाओं और बालिकाओं को जागरूक करने के लिए व्यापक अभियान चलाने के निर्देश दिए। उन्होंने प्रत्येक थाना क्षेत्र में विद्यालयों, सार्वजनिक स्थलों और प्रमुख चौराहों पर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित कर महिलाओं को उनके अधिकारों और सुरक्षा उपायों की जानकारी देने को कहा। आरओ प्लांट का किया शुभारंभबैठक के बाद डीआईजी एस. चन्नप्पा ने पुलिस लाइन परिसर में स्थापित आरओ प्लांट का शुभारंभ भी किया। इस अवसर पर अभिजीत आर. शंकर, आनंद कुमार पांडेय, सुनील कुमार सिंह सहित जिले के अन्य पुलिस अधिकारी मौजूद रहे।
श्रावस्ती में अवैध खनन और परिवहन पर जिला प्रशासन पूरी तरह सख्त है। जिलाधिकारी अन्नपूर्णा गर्ग के निर्देश पर खनन विभाग और जिला टास्क फोर्स लगातार संयुक्त अभियान चलाकर कार्रवाई कर रहे हैं। खनन निरीक्षक विवेक कुमार ने जानकारी दी कि जून 2026 में अब तक मिट्टी और बालू के अवैध खनन व परिवहन में शामिल कुल 9 वाहनों को जब्त किया गया है। यह कार्रवाई जिले के विभिन्न थाना क्षेत्रों में की गई है, जहां अवैध रूप से खनिजों का परिवहन हो रहा था। जब्त किए गए वाहनों में थाना सोनवा क्षेत्र से एक ट्रक बालू और एक डंपर मिट्टी शामिल है। थाना गिलौला क्षेत्र से दो ट्रैक्टर-लोडर और दो ट्रैक्टर-ट्रॉली, जबकि थाना इकौना क्षेत्र से एक ट्रैक्टर-लोडर और एक ट्रॉली मिट्टी से लदी जब्त की गई। थाना नवीन मॉडर्न क्षेत्र से भी एक ट्रैक्टर-ट्रॉली सीज की गई है। सभी मामलों में नियमानुसार कानूनी कार्रवाई जारी है। खान निरीक्षक ने यह भी बताया कि इससे पहले, मई 2026 में खनन विभाग ने विशेष प्रवर्तन अभियान चलाया था। इस दौरान अवैध खनन और परिवहन में लिप्त 36 वाहनों के खिलाफ कार्रवाई करते हुए वाहन मालिकों से लगभग 15 लाख रुपये का जुर्माना वसूला गया था। अवैध खनन पर पूर्ण नियंत्रण के उद्देश्य से एक विशेष टास्क फोर्स का गठन किया गया है। इस टास्क फोर्स में तहसील स्तर पर संबंधित उपजिलाधिकारी (राजस्व विभाग) और क्षेत्रीय अधिकारी (पुलिस विभाग) को सदस्य बनाया गया है। टास्क फोर्स जिले के विभिन्न क्षेत्रों में लगातार भ्रमणशील रहकर निगरानी कर रही है, ताकि किसी भी स्तर पर अवैध खनन या परिवहन को रोका जा सके। जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि पर्यावरण संरक्षण और राजस्व हितों को देखते हुए अवैध खनन के खिलाफ आगे भी सख्त कार्रवाई जारी रहेगी। नियमों का उल्लंघन करने वालों के विरुद्ध न केवल वाहन जब्त किए जाएंगे, बल्कि नियमानुसार जुर्माना और विधिक कार्रवाई भी सुनिश्चित की जाएगी।
सतना जिले में उपभोक्ताओं के स्वास्थ्य से खिलवाड़ करने का एक बड़ा मामला सामने आया है। शुक्रवार शाम खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम ने चाणक्यपुरी कॉलोनी स्थित 'कृष्णा मार्ट' पर छापा मारकर बिना लाइसेंस चल रही खाद्य तेल री-पैकिंग इकाई का भंडाफोड़ किया है। जांच में बड़ी मात्रा में एक्सपायरी सामान और बिना लेबल वाले उत्पाद मिलने के बाद विभाग ने तत्काल प्रभाव से प्रतिष्ठान को सील कर दिया है। कलेक्टर डॉ. सतीश कुमार एस के निर्देश पर खाद्य सुरक्षा अधिकारी अभिषेक बिहारी गौड़, शीतल सिंह और अशोक कुर्मी की संयुक्त टीम ने कृष्णा मार्ट का औचक निरीक्षण किया। जांच में पाया गया कि यह खाद्य व्यवसाय बिना किसी वैध लाइसेंस के संचालित किया जा रहा था। इसके साथ ही, परिसर के अंदर बेहद अस्वच्छ परिस्थितियों में खाद्य तेल की री-पैकिंग की जा रही थी, जो खाद्य सुरक्षा मानकों का सीधा उल्लंघन है। एक्सपायरी सामान और बिना लेबल वाले पैकेट मिले री-पैक किए गए खाद्य तेल के पैकेटों और कंटेनरों पर उत्पाद का नाम, बैच नंबर, पैकिंग तिथि और एक्सपायरी डेट जैसी कोई भी अनिवार्य वैधानिक जानकारी दर्ज नहीं थी। बिना लेबल वाले ये उत्पाद स्वास्थ्य के लिए बड़ा खतरा हैं। टीम ने जब मार्ट के स्टोर रूम की तलाशी ली, तो वहां बड़ी मात्रा में ऐसे खाद्य उत्पाद मिले जिनकी एक्सपायरी डेट निकल चुकी थी। टीम ने इस पूरी अवधि समाप्त सामग्री को तुरंत जब्त कर लिया। लैब रिपोर्ट के आधार पर होगी सख्त कानूनी कार्रवाईकार्रवाई के दौरान अधिकारियों ने संदिग्ध खाद्य तेल और अन्य पदार्थों के नमूने (सेंपल) लिए हैं, जिन्हें परीक्षण के लिए राज्य खाद्य प्रयोगशाला भेजा जाएगा। खाद्य सुरक्षा विभाग ने स्पष्ट किया है कि प्रयोगशाला की जांच रिपोर्ट आने के बाद संबंधित प्रतिष्ठान के संचालक के खिलाफ 'खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम, 2006' के तहत कठोर वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। अधिकारियों की आम जनता से अपीलखाद्य सुरक्षा अधिकारी अभिषेक बिहारी गौड़ ने नागरिकों से आग्रह किया है कि वे बाजार से कोई भी खाद्य सामग्री खरीदते समय उसकी पैकेजिंग, निर्माण तिथि (Manufacturing Date), एक्सपायरी डेट और लेबल संबंधी जानकारी की जांच जरूर करें। यदि उन्हें किसी भी दुकान पर संदिग्ध खाद्य गतिविधि नजर आती है, तो उसकी सूचना तत्काल स्थानीय प्रशासन को दें। जिले में मिलावटखोरों के खिलाफ यह अभियान आगे भी जारी रहेगा।
झांसी में पार्क में वॉक कर रही युवती को अश्लील वीडियो दिखाने का मामला सामने आया है। युवती अपनी नानी के घर आई थी। यहां वह रोजाना सुबह पार्क में वॉक करने जाती थी। एक सिरफिरे युवक ने दो दिनों तक उसका पीछा किया। फिर पार्क में अचानक सामने आकर मोबाइल में अश्लील वीडियो चलाकर छेड़छाड़ की। सूचना पर गिरफ्तार करने पहुंची मिशन शक्ति पुलिस टीम से भी आरोपी ने अभद्रता की। बाद में पुलिस ने उसे गिरफ्तार करके जेल भेज दिया। पूरा मामला नवाबाद थाना क्षेत्र का है। भोपाल से नानी के घर आई थी मध्य प्रदेश के भोपाल निवासी एक युवती ने पुलिस को बताया- मैं अपनी नानी के घर झांसी आई थी। रोजाना सुबह वह रानी लक्ष्मीबाई पार्क में वॉक करने जाती है। दो दिन से एक युवक अचानक उसके सामने आ जाता है और अपने मोबाइल में अश्लील वीडियो दिखाकर छेड़छाड़ करता है। पार्क में वह अकेली जाती है तो आरोपी गाड़ी से पीछा भी करता है। नवाबाद पुलिस ने शुक्रवार दोपहर को आज्ञात आरोपी के खिलाफ केस दर्ज कर लिया। नवाबाद थाना प्रभारी रवि श्रीवास्तव ने बताया कि शाम को मिशन शक्ति पुलिस टीम को सूचना मिली कि आरोपी फिर से रानी लक्ष्मीबाई पार्क में आया है। इस पर मिशन शक्ति पुलिस टीम ने दबिश देकर उन्नाव गेट के अंजली नगर निवासी विनोद गौतम (42) पुत्र कालीचरन गौतम को पकड़ लिया। पुलिस टीम ने उसे समझाया कि दोबारा ऐसी गलती मत करना। मगर आरोपी भड़क गया और पुलिस टीम के साथ अभद्रता करने लगा। इस पर पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया। बाद में कोर्ट में पेश करके आरोपी को जेल भेज दिया।
छत्तीसगढ़ में अगले पांच दिनों तक मौसम का मिजाज बदला रहेगा। शुक्रवार दोपहर रायगढ़ में अचानक तेज हवाएं चलीं और बारिश हुई। मौसम विभाग ने प्रदेश के कई हिस्सों में इसी तरह के मौसम बने रहने की संभावना जताई है। रायपुर समेत कई जिलों में आज बादल छाए रहने, गरज-चमक, बारिश और धूलभरी आंधी के आसार हैं। पिछले 24 घंटे में प्रदेश के अधिकतम तापमान में कोई खास बदलाव दर्ज नहीं किया गया। रायपुर और बिलासपुर सबसे गर्म रहे, जहां अधिकतम तापमान 42.2 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। वहीं, पेंड्रारोड सबसे ठंडा रहा, जहां न्यूनतम तापमान 23.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ। 50-60 किमी रफ्तार से चल सकती है हवा मौसम वैज्ञानिकों के मुताबिक प्रदेश के अलग-अलग हिस्सों में गरज-चमक के साथ 50 से 60 किलोमीटर प्रतिघंटा की रफ्तार से हवाएं चल सकती है। बिजली गिरने और आंधी के साथ बारिश की भी संभावना जताई गई है। रायपुर का मौसम रायपुर में आज बादल छाए रह सकते हैं। गरज-चमक, बारिश या धूलभरी आंधी की संभावना है। शहर का अधिकतम तापमान 41 डिग्री और न्यूनतम तापमान 29 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने का अनुमान है।
नर्मदापुरम जिले के रेल यात्रियों के लिए एक बड़ी खुशखबरी है। विंध्य क्षेत्र के रीवा और दक्षिण भारत के हाईटेक शहर हैदराबाद को जोड़ने वाली एक नई ट्रेन की सौगात क्षेत्र को मिली है। यह नई रेल सेवा नर्मदापुरम और इटारसी होकर गुजरेगी, जिससे यहां के यात्रियों को आवागमन का एक नया और सुविधाजनक विकल्प मिलेगा। नर्मदापुरम-नरसिंहपुर लोकसभा क्षेत्र के सांसद दर्शन सिंह चौधरी के विशेष प्रयासों से रीवा-सागर-नागपुर-हैदराबाद (चर्लपल्ली) नियमित ट्रेन (नंबर 20157/20158) को स्वीकृति मिली है। सांसद चौधरी ने इस नई ट्रेन के लिए केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव से जनहित में मांग की थी। यात्रियों की बढ़ती मांग और सुविधा को ध्यान में रखते हुए रेल मंत्रालय ने इस नई एक्सप्रेस ट्रेन के संचालन को अपनी आधिकारिक मंजूरी दे दी है। विद्यार्थियों, युवाओं और व्यापारियों को होगा फायदासांसद दर्शन सिंह चौधरी ने इस सौगात पर खुशी जताते हुए कहा कि नई ट्रेन सेवा के शुरू होने से होशंगाबाद-नरसिंहपुर लोकसभा क्षेत्र सहित पूरे नर्मदापुरम संभाग के लोगों को दक्षिण भारत (विशेषकर हैदराबाद) तक सीधी और सुविधाजनक यात्रा का लाभ मिलेगा। इस कनेक्टिविटी से सबसे ज्यादा फायदा इन वर्गों को होगा: मध्य प्रदेश और दक्षिण भारत का संपर्क होगा मजबूतसांसद ने आश्वासन दिया है कि क्षेत्र में रेल यातायात को और अधिक सुदृढ़ बनाने तथा यात्री सुविधाओं के विस्तार के लिए उनके प्रयास आगे भी निरंतर जारी रहेंगे। क्षेत्र की जनता के लिए यह नई रेल सेवा एक महत्वपूर्ण उपलब्धि मानी जा रही है, जो मध्य प्रदेश और दक्षिण भारत के बीच सामाजिक और व्यावसायिक संपर्क को और अधिक मजबूती प्रदान करेगी।
भीलवाड़ा में रात को तेज बारिश से पारा गिरा:न्यूनतम तापमान 7.7 डिग्री घटा, 8 जून से फिर बढ़ेगी गर्मी
भीलवाड़ा शहर में शुक्रवार रात हुई तेज बारिश ने लोगों को गर्मी और उमस से राहत दी। रात करीब 8:30 बजे तेज हवाएं चलने के बाद करीब आधे घंटे तक बारिश हुई, जबकि देर रात तक रुक-रुककर बूंदाबांदी जारी रही। मौसम में आए बदलाव का असर तापमान पर भी दिखा, जहां 24 घंटों में दिन और रात दोनों के तापमान में गिरावट दर्ज की गई। तेज हवाओं के बाद हुई बारिश गुरुवार देर रात मौसम ने करवट बदली। तेज हवाओं और अंधड़ के साथ बारिश शुरू हुई, जिससे शहर की सड़कों पर पानी भर गया। बारिश के दौरान लोगों को आवाजाही में कुछ परेशानी हुई, लेकिन दिनभर की गर्मी और उमस से राहत भी मिली। शहर में करीब आधे घंटे से ज्यादा समय तक बारिश का दौर चला। दिन और रात के तापमान में गिरावट बारिश और मौसम में बदलाव के कारण तापमान में उल्लेखनीय कमी दर्ज की गई। पिछले 24 घंटों में अधिकतम तापमान में 3 डिग्री की गिरावट आई। वहीं न्यूनतम तापमान में 7.7 डिग्री की कमी दर्ज हुई। शुक्रवार को अधिकतम तापमान 34.8 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 19.5 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। मौसम विभाग के अनुसार शनिवार को अधिकतम तापमान 38 डिग्री और न्यूनतम तापमान 27 डिग्री रहने का अनुमान है। मौसम विभाग ने प्री मानसून नहीं माना मौसम विभाग के डायरेक्टर राधेश्याम शर्मा ने बताया कि राज्य के ऊपर बने परिसंचरण तंत्र के प्रभाव से कुछ क्षेत्रों में आंधी और बारिश की गतिविधियों में बढ़ोतरी हुई है। उन्होंने कहा कि इस बारिश को अभी प्री मानसून कहना उचित नहीं होगा। उनके अनुसार जब मानसूनी हवाओं के प्रभाव से बारिश होती है, तब उसे प्री मानसून गतिविधि कहा जाता है। फिलहाल मानसून महाराष्ट्र तक भी नहीं पहुंचा है। 8 जून से बढ़ सकता है तापमान मौसम विभाग के अनुसार 8 जून से आंधी और बारिश की गतिविधियों में कमी आने की संभावना है। इसके बाद तापमान में 2 से 3 डिग्री तक बढ़ोतरी हो सकती है। विभाग ने 8 से 11 जून के बीच अधिकतम तापमान 40 से 42 डिग्री सेल्सियस तक पहुंचने और गर्म हवाएं चलने की संभावना जताई है।
पीयूकैट-2026 की संशोधित समय-सारिणी जारी:आवेदन की अंतिम तिथि 10 जून तक बढ़ी, परिणाम 5 जुलाई को
जौनपुर स्थित वीर बहादुर सिंह पूर्वांचल विश्वविद्यालय ने शैक्षिक सत्र 2026-27 के लिए पीयूकैट-2026 (PUCAT) की संशोधित समय-सारिणी जारी कर दी है। विश्वविद्यालय परिसर में संचालित विभिन्न पाठ्यक्रमों में प्रवेश के लिए परीक्षा 29 और 30 जून को आयोजित होगी, जबकि आवेदन की अंतिम तिथि बढ़ाकर 10 जून कर दी गई है।वीर बहादुर सिंह पूर्वांचल विश्वविद्यालय प्रशासन ने अभ्यर्थियों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए पीयूकैट-2026 के लिए आवेदन की अंतिम तिथि बढ़ा दी है। विश्वविद्यालय के कुलसचिव केशलाल ने बताया कि अब तक ढाई हजार से अधिक अभ्यर्थी प्रवेश के लिए आवेदन कर चुके हैं। उन्होंने बताया कि प्रवेश प्रक्रिया विश्वविद्यालय के समर्थ पोर्टल के माध्यम से संचालित की जा रही है। संशोधित कार्यक्रम के अनुसार, पीयूकैट-2026 की प्रवेश परीक्षा 29 और 30 जून को आयोजित की जाएगी। प्रवेश परीक्षा समाप्त होने के बाद 30 जून की शाम को उत्तर कुंजी (आंसर-की) जारी की जाएगी। इसके बाद अभ्यर्थियों को आपत्तियां दर्ज कराने का अवसर दिया जाएगा। परीक्षा परिणाम 5 जुलाई को घोषित किया जाएगा। सफल अभ्यर्थियों की काउंसिलिंग प्रक्रिया 9 जुलाई से शुरू होगी। विश्वविद्यालय प्रशासन के अनुसार, अंतिम सेमेस्टर या अंतिम वर्ष की परीक्षा में शामिल हो रहे विद्यार्थी भी प्रवेश के लिए आवेदन कर सकते हैं। विश्वविद्यालय ने यह भी स्पष्ट किया है कि जिन पाठ्यक्रमों में प्रवेश परीक्षा आयोजित नहीं की जाएगी, उनमें भी 9 जुलाई से संबंधित विभागों में काउंसिलिंग के माध्यम से प्रवेश प्रक्रिया पूरी की जाएगी।
मंदसौर जिले में अवैध मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए मल्हारगढ़ पुलिस ने शुक्रवार को दो तस्करों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने मुखबिर की सूचना पर कार्रवाई करते हुए आरोपियों के कब्जे से 173 किलो 380 ग्राम अवैध मादक पदार्थ (डोडाचूरा) बरामद किया है। जब्त किए गए डोडाचूरा की अनुमानित कीमत लगभग 3 लाख 46 हजार रुपये आंकी गई है। पुलिस ने मुखबिर की सटीक सूचना के आधार पर मल्हारगढ़-जीरन रोड स्थित भैसाखेड़ा क्षेत्र में एक सफेद रंग की महिंद्रा बोलेरो (MP14 BE 0668) को घेराबंदी कर रोका। जब वाहन की सघन तलाशी ली गई, तो तस्करी का अनोखा तरीका सामने आया। आरोपियों ने मादक पदार्थ छिपाने के लिए बोलेरो की छत और पीछे की सीट के नीचे विशेष गुप्त खाने (केबिन) बना रखे थे। इन्हीं खानों में भारी मात्रा में पीसा हुआ डोडाचूरा भरकर परिवहन किया जा रहा था। शामगढ़ और पिपलियामंडी के दो आरोपी गिरफ्तारगिरफ्तार किए गए आरोपियों की पहचान जितेंद्र पिता मदनलाल लक्षकार (निवासी जवाहर मार्ग, शामगढ़) और राधेश्याम पिता बालाराम लक्षकार (निवासी बालागुड़ा, थाना पिपलियामंडी) के रूप में हुई है। मल्हारगढ़ थाना प्रभारी अनिल रघुवंशी ने बताया कि पुलिस ने गिरफ्तार आरोपियों के खिलाफ एनडीपीएस (NDPS) एक्ट की धारा 8/15 और 29 के तहत मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस अब इनसे तस्करी के नेटवर्क और मादक पदार्थ की सप्लाई के संबंध में गहन पूछताछ कर रही है। राजस्थान का तस्कर सहित दो अन्य आरोपी फरारइस तस्करी के मामले में पुलिस ने दो अन्य लोगों को भी सह-आरोपी बनाया है, जो फिलहाल फरार चल रहे हैं। इनमें मिलन पिता परसराम राठौर (निवासी बही, थाना पिपलियामंडी) और पदमसिंह (निवासी बाड़मेर, राजस्थान) शामिल हैं। पुलिस की टीमें इन दोनों फरार आरोपियों की सरगर्मी से तलाश कर रही हैं।
छत्तीसगढ़ में 21 जून को आयोजित होने वाली NEET (UG) 2026 परीक्षा दोबारा होने को लेकर प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी है। परीक्षा को निष्पक्ष, सुरक्षित और व्यवस्थित ढंग से पूरा कराने के लिए राज्य सरकार पूरी तरह अलर्ट मोड पर है। प्रदेश के 19 शहरों में 127 सेंटर बनाए गए हैं। एयरफोर्स के जरिए पेपर पहुंचेगा। इस दौरान कड़ी सुरक्षा के इंतजाम किए जाएंगे। मुख्य सचिव विकासशील की अध्यक्षता में मंत्रालय महानदी भवन में आयोजित समीक्षा बैठक में सभी जिलों के कलेक्टर और पुलिस अधीक्षक वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से शामिल हुए। गाइडलाइन पालन करने कहा गया इस बैठक में परीक्षा केंद्रों की सुरक्षा, प्रश्नपत्रों के सुरक्षित परिवहन, यातायात व्यवस्था और कानून-व्यवस्था की तैयारियों की विस्तृत समीक्षा की गई। मुख्य सचिव ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि, केंद्र सरकार और राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (एनटीए) की तरफ से जारी सभी दिशा-निर्देशों का अक्षरशः पालन सुनिश्चित किया जाए। 19 शहरों में कुल 127 परीक्षा केंद्र बनाए गए एनटीए के महानिदेशक अभिषेक सिंह ने बताया कि, छत्तीसगढ़ के 19 शहरों में कुल 127 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं। सभी केंद्रों पर मूलभूत सुविधाएं, सुरक्षा व्यवस्था और तकनीकी तैयारियां समय पर पूरी करने के निर्देश दिए गए हैं। जिला प्रशासन को परीक्षा से पहले केंद्रों का निरीक्षण कर व्यवस्थाओं की व्यक्तिगत समीक्षा करने को कहा गया है। सीएस ने दिया अलर्ट रहने के निर्देश 21 जून को अंतरराष्ट्रीय योग दिवस भी मनाया जाएगा। इसे देखते हुए मुख्य सचिव ने अधिकारियों को विशेष सतर्कता बरतने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि योग दिवस से जुड़े कार्यक्रमों का परीक्षा संचालन पर कोई असर नहीं पड़ना चाहिए। परीक्षा केंद्रों तक पहुंचने वाले मार्गों को बाधारहित रखने और ट्रैफिक प्रबंधन के लिए विशेष योजना तैयार करने को कहा गया है। छात्रों की काउंसिलिंग करने के निर्देश विद्यार्थियों के तनाव को कम करने के लिए जिला शिक्षा अधिकारियों और मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारियों की संयुक्त टीमों की तरफ काउंसलिंग कराने के निर्देश भी दिए गए हैं। मुख्य सचिव ने कहा कि छात्रों को सकारात्मक और सुरक्षित माहौल उपलब्ध कराया जाए ताकि वे बिना किसी दबाव के परीक्षा दे सकें। 20 जून को होगी मॉकड्रिल तैयारियों की अंतिम जांच के लिए 20 जून को राज्यभर में मॉक ड्रिल आयोजित की जाएगी। वहीं प्रश्नपत्र और ओएमआर शीट एयर फोर्स के माध्यम से जिलों तक पहुंचाई जाएंगी। हर जिले में कंट्रोल रूम स्थापित कर परीक्षा दिवस पर निगरानी रखी जाएगी, ताकि किसी भी आपात स्थिति का तत्काल समाधान किया जा सके।
‘विराट कोहली और अन्य लोग प्रेमानंद महाराज के पास जाते रहते हैं। निश्चित रूप से वह युवाओं को धर्म से जोड़ने का काम कर रहे होंगे। संन्यासी का मूल धर्म साधना और समाज को दिशा देना है। इस मामले में योगी आदित्यनाथ अपवाद हैं। वह राजर्षि हैं। हमने उन्हें बैठाया और वह अच्छा कर रहे हैं।’ ये बातें पद्म विभूषण जगद्गुरु रामभद्राचार्य ने दैनिक भास्कर से विशेष बातचीत में कहीं। रामभद्राचार्य इन दिनों सीतापुर रोड स्थित बृज की रसोई में श्रीरामकथा कह रहे हैं। दैनिक भास्कर से बातचीत में उन्होंने रामराज्य, सनातन धर्म, राजनीति, तकनीक, युवा, संस्कृत, मंदिरों में वीआईपी कल्चर और 2047 के विकसित भारत के संकल्प को लेकर खुलकर बात की। सवाल : विराट कोहली और प्रेमानंद महाराज के संबंध में क्या कहेंगे? जवाब : विराट कोहली और अन्य लोग प्रेमानंद महाराज के पास जाते रहते हैं। निश्चित रूप से वह युवाओं को धर्म से जोड़ने का काम कर रहे होंगे। फिलहाल, प्रेमानंद महाराज एकांतवास में हैं। सवाल : मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को आप किस रूप में देखते हैं? जवाब: संन्यासी का मूल धर्म साधना और समाज को दिशा देना है। राजनीति उसका मुख्य कार्य नहीं है। योगी आदित्यनाथ अपवाद हैं। वह राजर्षि की भूमिका निभा रहे हैं। उन्हें हमने बैठाया है और वह अच्छा काम कर रहे हैं। सवाल : आपके लिए रामराज्य का वास्तविक अर्थ क्या है? जवाब : रामराज्य का मूल भाव 'सब नर करहिं परस्पर प्रीति' है। सभी लोग अपने-अपने धर्म और कर्तव्यों का पालन करें, कोई किसी के अधिकारों का हनन न करे। आर्थिक दृष्टि से ऐसा भारत हो जो आयातक नहीं बल्कि निर्यातक राष्ट्र बने। देश समृद्ध, संप्रभु और आत्मनिर्भर हो, यही मेरे लिए रामराज्य है। सवाल : आजकल कई संत राजनीति में सक्रिय हो रहे हैं? जवाब : यह दुर्भाग्यपूर्ण है। हर व्यक्ति नेता बनना चाहता है। सन्यासी को अपना धर्म निभाना चाहिए। राजनीति को दिशा देना उसका काम है, राजनीति करना नहीं। सवाल : मंदिरों में वीआईपी दर्शन व्यवस्था पर आपका क्या मत है? जवाब : मैं इसका पूरी तरह विरोध करता हूं। भगवान के दरबार में सभी समान हैं। किसी भी धार्मिक स्थल पर वीआईपी संस्कृति नहीं होनी चाहिए। सवाल : संस्कृत को रोजगारपरक बनाने के लिए क्या किया जाना चाहिए? जवाब : सबसे पहले संस्कृत को पढ़ने की प्रवृत्ति बढ़ानी होगी। चित्रकूट में हम संस्कृत गुरुकुल की स्थापना कर रहे हैं। संस्कृत केवल पूजा-पाठ की भाषा नहीं है, बल्कि विज्ञान, प्रबंधन और भाषाविज्ञान जैसे क्षेत्रों में भी इसके व्यापक अवसर हैं। सवाल : सनातन धर्म के सामने सबसे बड़ी चुनौती क्या है? जवाब : सनातन धर्म की चिंता हम करेंगे। समाज को परेशान होने की जरूरत नहीं है। हमें अपने कर्तव्यों के प्रति जागरूक रहना होगा और अत्याचार सहने की प्रवृत्ति को समाप्त करना होगा। सवाल : राम मंदिर बनने के बाद अगला लक्ष्य क्या होना चाहिए? जवाब : सनातन धर्म का मूल लक्ष्य अपने कर्तव्यों के प्रति जागरूक रहना है। समाज में समरसता और धर्म के प्रति आस्था बनी रहनी चाहिए। अब अत्याचार नहीं सहेंगे। सवाल : शंकराचार्यों के साथ वैचारिक मतभेदों को कैसे देखते हैं? जवाब : अगर कोई शंकराचार्य होगा तो उसके बारे में जवाब दूंगा। इस विषय पर मेरा अधिक कुछ कहना उचित नहीं है। सवाल : गोमाता को राष्ट्रमाता घोषित करने की मांग पर आपकी क्या राय है? जवाब : गाय तो पहले से ही विश्वमाता है। क्या कोई अपनी मां को माता घोषित करता है? वह पहले से ही मां है। देश में गोवध पर पूर्ण प्रतिबंध होना चाहिए। सवाल : संयुक्त परिवार की व्यवस्था पर आपका क्या विचार है? जवाब : संयुक्त परिवार की परंपरा वापस आनी चाहिए। श्रीरामचरितमानस को राष्ट्रग्रंथ और हिंदी को राष्ट्रभाषा का दर्जा मिलने से सांस्कृतिक एकता और मजबूत होगी। सवाल : युवाओं को क्या संदेश देना चाहेंगे? जवाब : युवाओं को चरित्रवान बनना चाहिए। ब्रह्मचर्य का पालन करें, व्यायाम करें, पढ़ें-लिखें, राष्ट्र और भगवान के प्रति समर्पित रहें। त्याग की भावना विकसित करें। यदि आपके सामने कोई भूखा है तो अपने भोजन में उसका भी हिस्सा समझें। सवाल : एआई और तकनीक के बढ़ते प्रभाव को कैसे देखते हैं? जवाब : तकनीक उपयोगी है, लेकिन वह हर प्रश्न का उत्तर नहीं दे सकती। वास्तविक ज्ञान गुरुजनों और मूल ग्रंथों के अध्ययन से मिलता है। एआई कई बार असमर्थता भी जाहिर कर देता है, इसलिए उस पर पूरी तरह निर्भर नहीं होना चाहिए। सवाल : एनकाउंटर पर विपक्ष के आरोपों को किस तरह देखते हैं? जवाब : एनकाउंटर जाति या धर्म देखकर नहीं हो रहे हैं, बल्कि अपराध के आधार पर कार्रवाई हो रही है। अपराधियों के खिलाफ कानून के अनुसार कार्रवाई होनी चाहिए। किसी भी मामले को सांप्रदायिक चश्मे से नहीं देखना चाहिए। सवाल : प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के कामकाज को कैसे देखते हैं? जवाब : प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी बहुत अच्छा काम कर रहे हैं। 2047 तक विकसित भारत का संकल्प अवश्य पूरा होगा। सवाल : 2047 के विकसित भारत की आपकी कल्पना क्या है? जवाब : मैं भारत को फिर से जगद्गुरु के रूप में देखना चाहता हूं। 2047 का भारत केवल 'सोने की चिड़िया' नहीं, बल्कि 'सोने का सिंह' हो, यानी शक्तिशाली, समृद्ध और आत्मनिर्भर भारत। सवाल : राहुल गांधी के बयानों पर आपका क्या कहना है? जवाब : देश में आर्थिक मंदी आएगी ये उनका भ्रम है। मैं जो भी कहता हूं, गंभीरता से कहता हूं, न किसी आवेश में और न ही किसी द्वेष से। --------------------- यह खबर पढ़िए- 'ऑपरेशन-सिंदूर 2 दिन और चलता तो POK भारत में होता' : लखनऊ में रामभद्राचार्य बोले- 2029 में केंद्र में फिर भाजपा सरकार बनेगी जगद्गगुरु रामभद्राचार्य ने कहा कि ऑपरेशन सिंदूर में पाकिस्तान के 9 आतंकी ठिकानों को ध्वस्त किया गया। यदि यह ऑपरेशन 2 दिन और चलता तो पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर ( POK ) भारत का हिस्सा बन जाता। उन्होंने कहा- सेना प्रमुख जनरल उपेंद्र द्विवेदी ने दीक्षा के समय उनसे गुरु दक्षिणा मांगने की इच्छा जताई थी। मैंने कहा था कि पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर पुनः भारत में चाहिए। रामभद्राचार्य ने कहा कि 2029 में भी केंद्र में भाजपा की सरकार बनेगी। (पूरी खबर पढ़िए)
बुरहानपुर में शुक्रवार शाम अचानक आई तेज आंधी और बारिश के कारण आजाद नगर क्षेत्र में एक बड़ा हादसा टल गया। हवा की रफ्तार इतनी तेज थी कि कुछ घरों के टीन के पतरे उड़कर सीधे बिजली लाइनों पर जा गिरे। इससे बिजली के तार टूट गए और शहर के कई इलाकों में घंटों तक अंधेरा छा गया। गनीमत यह रही कि इस अचानक हुए घटनाक्रम में कोई हताहत नहीं हुआ। शाम करीब 7 बजे मौसम का मिजाज अचानक बदला और तेज आंधी चलने लगी। इसी दौरान करीब 15 मिनट तक जोरदार बारिश भी हुई। आजाद नगर इलाके में घरों के टीन उड़कर बिजली के तारों पर गिरने से लाइनें टूट गईं और फीडर्स पूरी तरह बंद हो गए। तार टूटने के कारण रोशन चौक, इतवारा, बुधवारा, नागझिरी, लोहार मंडी सहित आजाद नगर फीडर से जुड़े तमाम क्षेत्रों की बिजली आपूर्ति ठप हो गई। इससे शाम के वक्त लोगों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ा। 5 घंटे चला सुधार कार्य, रात 12 बजे लौटी बिजलीबिजली तारों पर टीन गिरने की सूचना मिलते ही कंपनी ने एहतियात के तौर पर सभी प्रभावित फीडर्स की लाइनें तुरंत बंद कर दीं। इसके बाद तकनीकी अमले ने मौके पर पहुंचकर सुधार कार्य शुरू किया। सहायक यंत्री (एचटी मेंटेनेंस) रोहित भारती ने बताया कि टीन के पतरे गिरने से तार टूटने की वजह से यह बड़ा फाल्ट आया था। लाइनों को जोड़ने और सुधारने का काम देर रात 12 बजे तक जारी रहा। नागझिरी में 11 बजे तो आजाद नगर में 12 बजे बहाल हुई सप्लाईसहायक यंत्री रोहित भारती के अनुसार, कड़ी मशक्कत के बाद रात 11 बजे सबसे पहले 11 केवी नागझिरी लाइन को सुधार कर चालू किया गया। वहीं, मुख्य प्रभावित क्षेत्र आजाद नगर में लाइनों का सुधार कार्य पूरा होने के बाद रात 12 बजे बिजली आपूर्ति पूरी तरह से बहाल की जा सकी। इस अचानक हुई लंबी बिजली कटौती के कारण स्थानीय रहवासियों को खासी असुविधा झेलनी पड़ी।
लुधियाना के साहनेवाल में हुए सड़क हादसे में मोटरसाइकिल सवार व्यक्ति की मौत हो गई। हादसे के बाद ट्रैक्टर-ट्रॉली चालक मौके से फरार हो गया। मृतक की शादी करीब 8 साल पहले हुई थी और उसके कोई संतान नहीं थी। वह काम से घर लौट रहा था, तभी यह दुर्घटना हो गई। पुलिस को दी शिकायत में मृतक के भाई करमवीर निवासी न्यू सुभाष नगर, बस्ती जोधेवाल ने बताया कि 5 जून 2026 को उसकी मां ने फोन कर सूचना दी कि भाई अमृतपाल (करीब 40 वर्ष) सड़क हादसे में घायल हो गया है। उसे इलाज के लिए एसपीएस अस्पताल लुधियाना ले जाया गया है। मृतक युवक पल्सर मोटरसाइकिल पर था सवार शिकायतकर्ता करमवीर के अनुसार, जब वह अस्पताल पहुंचा तो उसे पता चला कि उसका भाई अमृतपाल अपनी बजाज पल्सर मोटरसाइकिल (नंबर PB10JF-9485) पर निजी काम से घर लौट रहा था। इसी दौरान गांव धड़ौड़ से साज्जन फैक्टरी जाने वाले मार्ग पर एक अज्ञात ट्रैक्टर-ट्रॉली चालक ने तेज रफ्तार और लापरवाही से वाहन चलाते हुए उसकी मोटरसाइकिल को टक्कर मार दी। सीसीटीवी में कैद हुए आरोपी ड्राइवर की तस्वीर अमृतपाल को इलाज के लिए एसपीएस अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। घटना के बाद ट्रैक्टर-ट्रॉली ड्राइवर वाहन सहित मौके से फरार हो गया, लेकिन उसकी तस्वीर सीसीटीवी में कैद हो गई है। उन्होंने कहा कि पुलिस से मांग है कि जल्द आरोपी को पकड़ा जाए। थाना साहनेवाल पुलिस ने शिकायत के आधार पर अज्ञात ट्रैक्टर ड्राइवर के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 281, 106 और 324(4) के तहत मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस आस-पास के सीसीटीवी कैमरों और अन्य साक्ष्यों के आधार पर फरार चालक की तलाश में जुटी हुई है।
पाली जिले के तख्तगढ़ थाना क्षेत्र के नया खेड़ा गांव में शुक्रवार रात एक माह पुराने विवाद को लेकर एक परिवार पर घर में घुसकर हमला किए जाने का मामला सामने आया है। आरोप है कि कुछ लोग लाठी और लोहे के सरिए लेकर घर में घुसे और परिवार के सदस्यों से मारपीट की। हमले में तीन लोग घायल हो गए, जिनमें एक युवती के हाथ में फ्रैक्चर हुआ है। घायलों को तख्तगढ़ हॉस्पिटल पहुंचाया गया, जहां से दो लोगों को प्राथमिक उपचार के बाद सुमेरपुर रेफर किया गया। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। घर में घुसकर परिवार पर किया हमला जानकारी के अनुसार तख्तगढ़ थाना क्षेत्र के नया खेड़ा गांव में शुक्रवार रात करीब 10 बजे गांव के कुछ लोगों ने पीराराम मेघवाल के घर में घुसकर परिवार के सदस्यों से मारपीट की। उस समय परिवार के लोग घर में खाना खा रहे थे। हमलावरों ने लाठियों और लोहे के सरियों से हमला कर दिया, जिससे पीराराम मेघवाल (65), उनकी पत्नी दुर्गा देवी (60) और बेटी संतोष कुमारी (25) घायल हो गए। बेटी के हाथ में फ्रैक्चर, दो घायलों को किया रेफर हमले में संतोष कुमारी के हाथ में फ्रैक्चर हो गया। वहीं पीराराम मेघवाल और दुर्गा देवी को भी गंभीर चोटें आईं। तीनों घायलों को एम्बुलेंस से सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र तख्तगढ़ लाया गया। यहां डॉ. अनूप कुमार राजपुरोहित ने प्राथमिक उपचार किया। हालत गंभीर होने पर पीराराम मेघवाल और दुर्गा देवी को सुमेरपुर रेफर कर दिया गया। एक महीने पहले हुई घटना को बताया हमले की वजह घायल पीराराम मेघवाल ने बताया कि करीब एक महीने पहले वह अपने परिवार और ससुराल पक्ष के लोगों के साथ जा रहे थे। इसी दौरान गांव का एक युवक बाइक लेकर आया और उसकी बेटी संतोष को टक्कर मार दी थी, जिससे वह घायल हो गई थी। पीराराम के अनुसार गुस्से में उसने बाइक सवार युवक को दो थप्पड़ मार दिए थे। आरोप है कि उसी घटना का बदला लेने के लिए शुक्रवार रात हमला किया गया। पुलिस ने शुरू की जांच घटना की सूचना मिलने पर तख्तगढ़ पुलिस हॉस्पिटल पहुंची और घायलों के बयान दर्ज किए। तख्तगढ़ थाने के SHO शैतानसिंह ने बताया कि घायलों का मेडिकल करवाया गया है। प्रारंभिक जांच में रंजिश के चलते घर में घुसकर मारपीट किए जाने की बात सामने आई है। पीड़ित परिवार की रिपोर्ट के आधार पर मामला दर्ज कर आगे की कार्रवाई की जा रही है।
हरदा में ऑटो-बाइक टक्कर, तीन युवक घायल:एक की हालत गंभीर, मजदूरी कर लौट रहे थे जीजा-साले
हरदा जिले के सिराली थाना क्षेत्र अंतर्गत ग्राम दूलिया के पास मोड़ पर शुक्रवार रात करीब आठ बजे एक सड़क हादसा हुआ। इस दुर्घटना में तीन लोग घायल हो गए हैं। घायलों में से एक युवक की हालत गंभीर बताई जा रही है, जिसे प्राथमिक उपचार के बाद जिला अस्पताल से भोपाल रेफर किया गया है। अन्य दो घायलों का उपचार जारी है। जानकारी के अनुसार, महेंद्रगांव निवासी राजकुमार (22) पुत्र किष्षु धुर्वे अपने साथी प्रिंस (17) पुत्र संजू धुर्वे और महाराष्ट्र के कसाई धारणी से आए अपने जीजा जामसिंह के साथ हरदा में टाइल्स लगाने का काम कर गांव लौट रहे थे। इसी दौरान सामने से आ रहे एक ऑटो चालक ने उनकी बाइक को टक्कर मार दी। हादसे में बाइक चला रहे राजकुमार के पैर में तीन जगह फ्रैक्चर हो गए हैं, और सिर में गंभीर चोटें आई हैं। अन्य दोनों युवकों को भी पैर और सिर में चोटें लगी हैं। बताया गया है कि गंभीर रूप से घायल राजकुमार शादीशुदा है और उनका दो महीने का बेटा है। रिश्ते में राजकुमार का जीजा लगने वाले जामसिंह अपनी पत्नी और बच्चे के साथ करीब तीन दिन पहले ही महेंद्रगांव स्थित अपने ससुराल आए थे।
अलीगढ़ नगर निगम ने सीएम ग्रिड परियोजना में लापरवाही बरतने वाली निर्माण कंपनी पर बड़ी कार्रवाई की है। नगर आयुक्त प्रेम प्रकाश मीणा ने जांच में अनियमितताएं मिलने पर बुलंदशहर की पीपीएस बिल्डर्स प्राइवेट लिमिटेड को ब्लैकलिस्ट कर दिया। यह कंपनी करीब 72 करोड़ रुपये की लागत से चार प्रमुख सड़कों का निर्माण कर रही थी। काम में खामियां मिलने के बाद नगर निगम ने कंपनी का ठेका भी रद्द कर दिया। इसके साथ ही कंपनी की जमानत राशि जब्त कर ली गई है। नगर निगम का कहना है कि परियोजना में गुणवत्ता से कोई समझौता नहीं किया जाएगा। चार सड़कों के निर्माण में मिलीं खामियां सीएम ग्रिड योजना के वित्तीय वर्ष 2023-24 के फेज-1, पैकेज-2 के तहत शहर की चार प्रमुख सड़कों, गूलर रोड, खैर रोड, आईटीआई रोड और रेलवे रोड का निर्माण कार्य पीपीएस बिल्डर्स को आवंटित किया गया था। इन परियोजनाओं की कुल स्वीकृत धनराशि 71.08 करोड़ रुपए थी, जबकि अनुबंधित राशि 62.80 करोड़ रुपए तय की गई थी। नगर आयुक्त प्रेम प्रकाश मीणा ने बताया कि समीक्षा बैठकों और स्थलीय निरीक्षण के दौरान निर्माण कार्यों में गंभीर लापरवाही सामने आई। तकनीकी परीक्षणों में गुणवत्ता मानकों का पालन नहीं पाया गया। कई स्थानों पर निर्माण कार्य अनुबंध की शर्तों के विपरीत किए गए थे। इसके अलावा कार्यस्थलों पर पर्याप्त सुरक्षा उपकरण, मशीनरी और श्रमिकों की उपलब्धता भी नहीं थी, जिससे परियोजना की प्रगति प्रभावित हुई। तीन बार नोटिस, फिर भी नहीं सुधरी स्थिति नगर निगम की ओर से फर्म को 7 फरवरी, 2 अप्रैल और 30 मई को नोटिस जारी कर जवाब मांगा गया था। इसके बावजूद निर्माण कार्यों में कोई संतोषजनक सुधार नहीं किया गया। नगर निगम ने समय-समय पर फर्म पर कुल 2.20 करोड़ रुपए की पेनाल्टी भी लगाई। सबसे अधिक पेनाल्टी आईटीआई रोड परियोजना पर 54.75 लाख रुपए और खैर रोड परियोजना पर 52.91 लाख रुपए की लगाई गई। वहीं रेलवे रोड पर 25.11 लाख रुपए और गूलर रोड पर 29.46 लाख रुपए का जुर्माना लगाया गया। इसके बावजूद एजेंसी गुणवत्ता सुधारने में विफल रही। जनता को समय पर नहीं मिल सकीं सुविधाएं नगर आयुक्त प्रेम प्रकाश मीणा ने कहा कि निर्माण एजेंसी की लापरवाही के कारण शहरवासियों को समय पर बेहतर सड़क सुविधाएं नहीं मिल सकीं। मुख्यमंत्री की जीरो टॉलरेंस नीति के तहत किसी भी प्रकार की गुणवत्ता संबंधी अनियमितता बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने कहा कि विकास कार्यों में गुणवत्ता और पारदर्शिता सर्वोच्च प्राथमिकता है। संबंधित फर्म को कई अवसर दिए गए, लेकिन न तो कार्यों में अपेक्षित सुधार किया गया और न ही संतोषजनक स्पष्टीकरण प्रस्तुत किया गया। ऐसे में जनहित को सर्वोपरि रखते हुए अनुबंध निरस्त करने और ब्लैकलिस्ट करने की कार्रवाई की गई है। पूरे प्रदेश में भेजी गई ब्लैकलिस्टिंग की सूचना नगर निगम प्रशासन ने पीपीएस बिल्डर्स को ब्लैकलिस्ट किए जाने की सूचना प्रदेश की अन्य निर्माण एजेंसियों और नगर निकायों को भी भेज दी है, ताकि भविष्य में ऐसी एजेंसियों के कार्यों की निगरानी और जवाबदेही सुनिश्चित की जा सके।
मुजफ्फरनगर के फुगाना थाना क्षेत्र के गांव खरड़ में घर में घुसकर मारपीट की गई। जिसका एक वीडियो भी सामने आया है। पीड़ित नफीस पुत्र नवाब अली ने आरोप लगाया है कि गांव के कुछ लोगों ने पहले रास्ते में हमला किया और बाद में घर में घुसकर उसके साथ मारपीट की। जानकारी के अनुसार, यह घटना 3 जून की रात करीब 10 बजे हुई। नफीस अपने मित्र वरुण के साथ पोल्ट्री फार्म से लौट रहा था। आरोप है कि इसी दौरान गांव के दाउद, शोएब और उनके कुछ अन्य साथियों ने उसे रास्ते में घेर लिया और लाठी-डंडों से हमला कर दिया। नफीस के अनुसार, उसने जान बचाने के लिए पास के एक घर में शरण ली। हालांकि, हमलावर वहां भी पहुंच गए और दरवाजा तोड़कर उसके साथ मारपीट की। पीड़ित नफीस का आरोप है कि उसे बचाने आईं कविता और उसके पुत्र वरुण को भी हमलावरों ने नहीं बख्शा। इस मारपीट में नफीस गंभीर रूप से घायल हो गया और उसका एक हाथ टूट गया। घटना के दौरान किसी व्यक्ति ने पूरी वारदात का वीडियो अपने मोबाइल में रिकॉर्ड कर लिया। यह वीडियो अब सामने आया है। नफीस ने फोन पर बताया कि मारपीट के बाद हमलावर उसे अपने साथ ले गए। उसने आरोप लगाया कि बाद में पुलिस से मिलीभगत कर उसका ही चालान करा दिया गया। नफीस का कहना है कि उसने मामले की तहरीर दी थी, लेकिन अब तक आरोपियों के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं हुई है। पीड़ित ने इस मामले को लेकर वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक से शिकायत की है। उसने वायरल वीडियो और अन्य साक्ष्यों के आधार पर निष्पक्ष जांच तथा आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर कार्रवाई की मांग की है। फिलहाल, पुलिस की ओर से इस मामले में कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है।
दतिया शहर में शुक्रवार देर शाम पुलिस ने अचानक 12 मुख्य एंट्री और एग्जिट पॉइंट्स को सील कर सरप्राइज चेकिंग की। एसपी मयूर खंडेलवाल के निर्देशन में जिलेभर के थानों के पुलिस बल ने सड़क पर उतरकर यह सख्त घेराबंदी की। इस कार्रवाई का मुख्य उद्देश्य अवैध हथियार लेकर घूमने वाले बदमाशों पर शिकंजा कसना था। पुलिस ने इस दौरान 69 वाहनों के चालान काटकर 36,300 रुपए समन शुल्क वसूला है और चेकिंग में एक अवैध कट्टा भी जब्त किया है। पुलिस ने चेकिंग के दौरान बिना नंबर प्लेट वाले वाहनों पर विशेष नजर रखी। इस दौरान कारों से हूटर हटवाए गए और काली फिल्म भी निकाली गई। कार्रवाई में पुलिस ने कार पर काली फिल्म के 13, कार हूटर के 2, बिना नंबर प्लेट के 34, बिना हेलमेट के 12, बुलेट साइलेंसर के 6, बिना दस्तावेज और तीन सवारी का 1-1 चालान बनाया है। इस तरह पुलिस ने कुल 69 वाहनों के चालान बनाकर 36 हजार 300 रुपए की राशि वसूल की है। इसके अलावा चेकिंग के दौरान एक आरोपी से अवैध कट्टा भी बरामद किया गया है। बदमाशों के भागने के रास्ते बंद, आम जनता को दी समझाइशशहर में पुलिस की इस कड़क चेकिंग को देखकर कई लोगों ने रास्ते बदलने की कोशिश की, लेकिन हर मोड़ पर मुस्तैद फोर्स ने उन्हें रोक लिया। पुलिस की इस तैनाती से बदमाशों के भागने के सारे रास्ते बंद हो गए। इस दौरान आम राहगीरों को लेकर पुलिस का मानवीय चेहरा भी नजर आया। पुलिस का जोर आम जनता का चालान काटने के बजाय उन्हें यातायात नियमों के प्रति जागरूक करने और समझाइश देने पर रहा। इन प्रमुख पॉइंट्स पर थानों की पुलिस ने संभाला मोर्चाजिलेभर के थाना प्रभारियों (टीआई) ने एसपी के निर्देश पर खुद सड़क पर उतरकर कमान संभाली। शहर के अलग-अलग प्रमुख चौराहों पर पुलिस बल तैनात किया गया था…
कानपुर के नवाबगंज में कोचिंग संचालक के ब्लाइंड मर्डर केस में एक मैसेज ने पूरी घटना का खुलासा कर दिया। बीते सोमवार को हुए मर्डर की जानकारी पर जब पुलिस के अधिकारी मौके पर पहुंचे तो शातिर हत्यारोपी ने कोई सुराग नहीं छोड़ा था। फील्ड यूनिट की जांच में मृतक की आंख के ऊपर चोट के निशान थे, साथ ही कुछ कपड़े घटनास्थल पर पड़े हुए थे। घटना के खुलासे के लिए लगी थी 10 टीमें मौके पर पहुंचे परिजनों ने बताया था कि मृतक डायबिटिज के पेशेंट थे और शराब के लती थे। जाहिरा चोट के निशान न मिलने पर पुलिस का मनाना था कि शायद हार्ट अटैक आने की वजह से कोचिंग संचालक की मौत हो गई हो। मृतक के पोस्टमार्टम रिपोर्ट में भी मौत का कारण पुष्ट नहीं था, हालांकि इन सब के बावजूद डीसीपी सेंट्रल अतुल कुमार श्रीवास्तव ने स्वाट, सर्विलांस समेत घटना के खुलासे के लिए 10 टीमों का गठन किया था। पूरे घटना के खुलासे में सर्विलांस टीम ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। हत्याकांड के बाद पुलिस टीम ने जब बारीकी से सीसीटीवी फुटेज की जांच की, तो करीब 7:15 पर बुर्का पहने हुए एक महिला कोचिंग के एंट्री प्वाइंट से निकलते हुए कैद हुई। मृतक के शादीशुदा न होने के कारण पुलिस ने लव एंगल पर जांच शुरू करते हुए कोचिंग के टीचरों, मृतक के परिजनों ने पूछताछ शुरू की। जिसमें एक नाम उभर कर आया मोहित द्विवेदी। मोहित द्विवेदी वो नाम था, जो मृतक से जुड़े हर शख्स की जबां पर था। मृतक विजय प्रकाश के बारे में जितनी जानकारी मोहित द्विवेदी को थी, उतनी उनके परिजनों को भी नहीं थी। पुलिस ने आजाद नगर निवासी मोहित द्विवेदी से पूछताछ तो उसने बताया कि कोचिंग संचालक विजय प्रकाश गुप्ता के साथ उसकी 18 साल पुरानी दोस्ती है। मोहित ने विजय के दो और खास दोस्तों के नाम बताए जो नौबस्ता के रहने वाले शेरू और संदीप का था। मोहित ने बताया कि हम चारों अक्सर मिला करते थे, कही भी घूमने–फिरने का प्रोग्राम हो तो हम चारों साथ जाते थे, होली के समय भी हम चारों ही साथ गए थे। इसके बाद स्वाट टीम ने पुलिस ने शेरू और संदीप से बात करने का प्रयास किया तो मोहित आनाकानी करने लगा, उसका कहना था कि जितना वह विजय के बारे में जानता है उतना संदीप और शेरू को नहीं पता। इसके बाद पुलिस का शक मोहित की ओर जाने लगा। वहीं घटना के खुलासे में लगी सर्विलांस टीम ने घटनास्थल पर बेस ट्रांसीवर स्टेशन (बीटीएस) उठाया तो कोचिंग संचालक की हत्या के समय तकरीबन 700 मीटर के रेडियस में 1500 मोबाइल नंबर एक्टिव मिले। सर्विलांस टीम ने आईपी एड्रेस चेक किया तो सभी कानपुर के ही नंबर थे, जिसके बाद पुलिस का मानना था कि हत्याकांड को किसी करीबी ने ही अंजाम दिया था। रात 8:12 पर कोचिंग से बुर्का पहन कर निकलते हुए कैद हुआ था आरोपी सर्विलांस टीम ने जांच आगे बढ़ायी और मृतक के परिजनों और दोस्तों की कॉल डिटेल रिकॉर्ड खंगालना शुरू किया तो, पता चला कि विजय की मोहित से 2 माह में करीब 15 बार फोन पर बात हुई थी, हालांकि वह बहुत लंबी नहीं थी। पुलिस की जांच में सामने आया कि मोहित अक्सर विजय से मिलने के आता रहता था। पुलिस अधिकारियों ने जांच तेज की तो रविवार रात 8 बजकर 12 मिनट पर कोचिंग से एक बुर्का पहने हुए महिला कोचिंग सेंटर से निकलते हुए मिली। 8 बजकर 23 मिनट पर बुर्का पहने महिला की फुटेज गंगा बैराज से 20 मीटर पहले अमरुद मंडी में मिली, उसी समय मोहित द्विवेदी के मोबाइल की लोकेशन भी अमरुद मंडी पर मिली। रविवार दोपहर 2 बजे कन्नौज के दो नंबरों पर की थी कॉल कॉल डिटेल रिकॉर्ड में सामने आया कि शातिर मोहित ने रविवार दोपहर 2 बजे पुलिस को गुमराह करने के लिए कन्नौज के दो नंबरों पर फोन भी किया था, पुलिस ने उन नंबरों की कॉल डिटेल रिकॉर्ड निकाली तो उनकी लोकेशन कानपुर में नहीं मिली। इसके बाद मोहित का मोबाइल रविवार दोपहर तीन बजे बंद हो गया था, इसके बाद रात 8 बजे तक स्विच ऑफ रहा। इसके बाद उसकी लोकशन अमरुद मंडी में मिली, जांच में सामने आया कि मोहित ने अमरुद मंडी में कुछ देर के लिए मोबाइल ऑन किया था, तभी उसके मोबाइल में कंपनी का मैसेज आया जिसके बाद उसकी लोकेशन ट्रेस हो गई। हालांकि कुछ देर बार मोहित ने अपना मोबाइल दोबारा स्विच ऑफ कर दिया। बिठूर, सिंहपुर निवासी ऑटो ड्राइवर बोला- मैं लेकर आया था इसके बाद वह जेके कैंसर हॉस्पिटल आकर कपड़े बदले के बाद मोहित अपनी कार से रात 9:30 बजे जाते हुए फुटेज में कैद हो गया। रात करीब 9:45 बजे घर पहुंचने पर मोहित ने अपना मोबाइल खोला, जिसके बाद पुलिस को शक और पुख्ता हो गया। इसके साथ ही सर्विलांस टीम ने सीसीटीवी फुटेज के आधार अनवरगंज स्टेशन से नवाबगंज स्थित कोचिंग क्लासेज तक मोहित को लाने वाले ऑटो को भी ट्रेस कर लिया था। पुलिस टीम ऑटो नंबर के आधार पर ऑटो मालिक तक पहुंची तो उसने बताया कि ऑटो बिठूर, सिंहपुर का रहने वाला युवक चलाता था। पुलिस ने ऑटो ड्राइवर से पूछताछ की तो उसने बताया कि बुर्का पहने हुए एक गूंगी महिला ने उसे पर्ची में कोचिंग क्लासेज का पता दिखाया था, जिसके बाद वह उसे नवाबगंज स्थित कोचिंग क्लासेज तक छोड़ने के लिए आया था। शक पुख्ता होने के बाद पुलिस ने पूछताछ के लिए मोहित द्विवेदी को हिरासत में लिया तो उसके जेब से मृतक का चेन और ब्रेसलेट पुलिस को बरामद हो गया। जिसके बाद आरोपी ने अपना जुर्म कबूल कर लिया।
कांग्रेस ने मौजूदा सांसद नीरज डांगी को फिर से राज्यसभा सीट के लिए उम्मीदवार बनाया है। कांग्रेस के दिग्गजों को दरकिनार कर लगातार दूसरी बार उम्मीदवार बनाने पर डांगी ने कहा कि राज्यसभा किसी की बपौती नहीं है। हाईकमान तय करता है किसे भेजना है। छह साल की परफॉर्मेंस और काम देखकर हाईकमान ने एक कार्यकर्ता की मेहनत को रिकॉग्नाइज किया है। दैनिक भास्कर से बातचीत में डांगी ने कहा कि बीजेपी ने अगर दो के अलावा तीसरा उम्मीदवार उतारा तो उसे मुंह की खानी पड़ेगी, कांग्रेस के विधायक एकजुट हैं और क्रॉस वोटिंग का कोई खतरा नहीं है। खेमेबंदी और सचिन पायलट के नामांकन के दौरान मौजूद नहीं रहने पर डांगी ने कहा कि सभी वरिष्ठ नेताओं के साथ सचिन पायलट का भी पूरा समर्थन है। अब पढ़िए- नीरज डांगी का पूरा इंटरव्यू… भास्कर: पार्टी हाईकमान ने आपमें ऐसा क्या देखा कि कई दावेदार होने के बावजूद दूसरी बार राज्यसभा का टिकट दे दिया? नीरज डांगी: राज्यसभा किसी की बपौती नहीं है। राज्यसभा के लिए जितने भी लोग दावेदार हों, यह पार्टी हाईकमान पर निर्भर करता है कि वह किसे भेजता है। जहां तक मुझे दूसरी बार भेजने का सवाल है, तो कांग्रेस हाईकमान ने मुझमें वह पोटेंशियल देखा। पिछले छह साल में किस तरह डिबेट में पार्टिसिपेशन रहा, किस तरह मुद्दों को उठाया, किस तरह मैं सुबह से शाम तक सदन में मौजूद रहा- मेरी सौ फीसदी अटेंडेंस रही है। मैं पूरे समय सक्रिय रहा हूं। पार्टी इस चीज को भी देखती है कि कौन व्यक्ति आने वाले समय में कितना फ्रूटफुल रहेगा, उसके आधार पर ही दूसरी बार मौका दिया है। मुझे दोबारा जिम्मेदारी देने पर मैं यही कहूंगा कि कार्यकर्ता के काम को पहचानकर मौका दिया गया है। ऐसी परिस्थितियां बनी ही नहीं कि किसी और नाम पर चर्चा होती। भास्कर: 2020 के राज्यसभा चुनाव में विधायकों की बाड़ेबंदी हुई थी। बीजेपी तीसरा उम्मीदवार उतारती है तो क्रॉस वोटिंग का कितना खतरा मानते हैं? नीरज डांगी: मुझे नहीं लगता ऐसा कुछ होगा। पिछली बार भी भाजपा ने अपनी तरफ से आखिरी मौके पर एक्स्ट्रा कैंडिडेट खड़ा किया था। राज्यसभा संख्या बल पर आधारित है, चुनाव सामने दिखता है, टेक्निकल चुनाव है। 51 विधायकों का समर्थन एक कैंडिडेट के लिए जरूरी है। यहां तीन कैंडिडेट हैं। भाजपा तीसरा उम्मीदवार उतारती है तो जिस तरह 2020 में मुंह की खानी पड़ी थी, वैसा ही इस बार होगा। भाजपा किसी भी कारण से एक्स्ट्रा उम्मीदवार उतारती है, क्योंकि तोड़फोड़ इनकी परिपाटी बनी हुई है तो ये कामयाब नहीं होंगे। हमारे पास पर्याप्त संख्या बल है, किसी तरह की परेशानी नहीं आएगी। हमारे सभी विधायक एकजुट हैं। कांग्रेस के 67 विधायकों के साथ 4 सहयोगियों के वोट भी हमें मिलेंगे। भास्कर: नामांकन दाखिल करते वक्त राष्ट्रीय महासचिव सचिन पायलट मौजूद नहीं थे, इसे लेकर चर्चाएं हैं? नीरज डांगी: सचिन पायलट साहब आज किसी कारणवश नहीं आ पाए थे, लेकिन उनका भी मुझे पूर्ण समर्थन है। आज मैं राज्यसभा में हूं तो इसके लिए उनका पूरा समर्थन प्राप्त है। राजस्थान के जितने भी लीडर्स हैं, गोविंद सिंह डोटासरा, अशोक गहलोत, टीकाराम जूली, भंवर जितेंद्र सिंह, सचिन पायलट सहित तमाम वरिष्ठ नेता हैं। सबका समर्थन और सहयोग मेरे साथ पहले से रहा है और आगे भी रहेगा। इन सब नेताओं के मार्गदर्शन में 2028 और 2029 के चुनावों में पार्टी को जीत दिलाने के लिए हम सब मिलकर काम करेंगे। भास्कर: राजस्थान से जुड़े कई मुद्दे केंद्र में लंबित हैं, इन्हें हल करवाने की आगे क्या गारंटी है, क्योंकि अब तक तो हालात जस के तस ही रहे हैं? नीरज डांगी: पानी राजस्थान के लिए बहुत बड़ा मुद्दा है। पानी पर पड़ोसी राज्यों के साथ जैसा तालमेल होना चाहिए, उसमें कमी है। गुजरात, हरियाणा, पंजाब और मध्य प्रदेश के साथ पानी के बंटवारे पर तालमेल उतना नहीं हो पाया, यहां सामंजस्य की आवश्यकता है। पिछले 6 साल के दौरान जो भी मुद्दे रहे, या इस तरह के मामले आए, उन्हें मैंने सदन में उठाया है। ईआरसीपी (ERCP), रतलाम रेल लाइन प्रोजेक्ट और नर्मदा के पानी सहित राज्य से जुड़े सभी मुद्दों को सदन में उठाया है। आगे भी जहाँ राजस्थान के विकास की बात आएगी, वहाँ पुरजोर तरीके से मैं अपने स्तर पर उन मुद्दों को उठाऊंगा। जब सदन में कोई चीज उठती है तो वह सदन के 'गोल्डन वर्ड्स' (रिकॉर्ड) बन जाते हैं। वे मुद्दे संबंधित मंत्रालय को भेजे जाते हैं ताकि उन पर कोई सकारात्मक निर्णय किया जा सके। मुद्दे जब सदन में उठते हैं, तो निश्चित रूप से पॉजिटिव परिणाम आते हैं। आने वाले छह वर्षों में भी जो लंबित मुद्दे हैं, उन्हें उठाने का काम करेंगे। भास्कर : वन नेशन वन इलेक्शन से अगर लोकसभा, विधानसभा चुनाव साथ होते हैं तो क्या तैयारी है? आप तो केंद्रीय नेताओं के साथ रहते हैं इसलिए रणनीतिक तौर पर कुछ इनपुट आपके पास भी होगा? नीरज डांगी : आज की परिस्थितियों में आने वाले 10 साल में वन नेशन वन इलेक्शन की स्थिति होना मुश्किल रहेगा। जहां-जहां पर भी कार्यकाल पूरा नहीं हुआ है, कैसे संवैधानिक रूप से पूरा करने काम किया जाएगा? जहां कार्यकाल पूरा हो गया है वहां कैसे बढ़ाया जाएगा, उसको तकनीकी रूप से देखने की आवश्यकता है। अभी हमारा देश वन नेशन वन इलेक्शन के लिए पूरी तरह तैयार नहीं है, लेकिन आने वाले वक्त में एक अच्छा प्रयास साबित होगा। …. राज्यसभा चुनाव…ये खबरें भी पढ़िए 1. पूनिया बोले- जाति का अपना स्वाभिमान,पार्टी की प्राथमिकता जाति नहीं:अलका गुर्जर बोलीं- गुर्जर समुदाय पायलट के साथ यह गलत धारणा, युवा जानता है भविष्य कहां टिकट मिलने के बाद सतीश पूनिया ने कहा- जाति एक पहचान है, उसका अपना एक स्वाभिमान है। अलका गुर्जर ने कहा- गुर्जर समुदाय केवल पायलट के साथ है, यह धारणा गलत है। पूरी खबर पढ़िए… 2. नीरज डांगी ने राज्यसभा चुनावों के लिए नामांकन भरा:जीत लगभग तय, कांग्रेस दूसरा उम्मीदवार नहीं उतारेगी कांग्रेस उम्मीदवार नीरज डांगी ने राज्यसभा के लिए नामांकन दाखिल कर दिया है। नीरज डांगी ने विधानसभा में रिटर्निंग ऑफिसर के सामने नामांकन दाखिल किया। पूरी खबर पढ़िए…

