गरबा और डांडिया रास की थापों बिना अधूरा लगता है नवरात्रा पर्व
समाज की संस्कृति का परिचायक नवरात्रा पर विशेष – हमारे देश में अनेक धर्म एवं सम्प्रदाय के लोग रहते है। जो समय समय पर अपनी संस्कृति के अनुसार धर्मो को मनाते है। इसीलिए हमारे देश के लिए अनेकता में एकता की बात कही जाती है। विभिन्न धर्मो एवं सम्प्रदाय के लोगों को एक सूत्र में ... Read more
‘भाइयों और बहनों’ से ‘ब्रो, वी नीड टू टॉक’ तक भारतीय राजनीति की बदलती भाषा और Gen-G का उभार
राजनीति हमेशा से केवल सत्ता प्राप्त करने की कला नहीं रही; वह समाज से संवाद करने की कला भी रही है। सत्ता के गलियारों से लेकर जनसभाओं तक, नेताओं की भाषा ने अपने समय की सामाजिक चेतना, राजनीतिक आकांक्षाओं और सांस्कृतिक मनोविज्ञान को प्रतिबिंबित किया है। एक समय था जब राजनीतिक संवाद की शुरुआत होती ... Read more
आईपीसीसी की जलवायु संबंधी रिपोर्टों पर तीन साल से जारी है वाद-विवाद
जलवायु परिवर्तन, अप्रत्याशित और गंभीर नतीजे दिखा रहा है. लेकिन नीति निर्माताओं के पास इससे जुड़ी बासी रिपोर्टें हैं.
बारिश और आंधी-तूफान के लिए येलो अलर्ट जारी: बिहार
पटना, बिहार में शुक्रवार को मौसम खराब रहने की संभावना है। राज्य के कई हिस्सों में बारिश, आंधी-तूफान और तेज हवाएं चलने का अनुमान है।
: नाना पाटेकर का कल रात उनके द्वारा इकट्ठा की गईं लकड़ियों से किया गया। इस मौके पर उनके बेटे ने बताया है कि उनका अंतिम संस्कार रात में क्यों किया गया है।
सरकारी नौकरी की तैयारी कर रहे हैं तो 9 अक्तूबर की तारीख न चूकें। एनसीआरटीसी, बीसीपीएल, मैत्रेयी कॉलेज, जेकेएसएसबी और एसएमपी कोलकाता में कई पदों पर भर्ती चल रही है। नीचे दी गई भर्तियों में से अपनी पसंद की नौकरी के लिए तुरंत आवेदन कर दें।
भारत का चुनावी संकट अब ले रहा सर्वोच्च न्यायालय की परीक्षा
सर्वोच्च न्यायालय अब उस स्थिति में है जहां से वे जवाब सबसे विश्वसनीय रूप से सामने आ सकते हैं
जीएसटी सुधार की ओर: टैक्स दरों में बदलाव के बजाय व्यापार आसान बनाने की दिशा में पहल,57वीं बैठक कई अहम फैसले
थोड़ा-सा रूमानी, थोड़ा-सा रूहानी:नाना पाटेकर एक खुदरंग अभिनेता के रूप में दर्ज रहेंगे, अपनी तरह के खालिस
ललित सुरजन की कलम से विकलांग चेतना का दौर
कुल मिलाकर मुझे लगता है कि वर्तमान राजनीतिक परिदृश्य में सारा देश 'थियेटर ऑफ द एब्सर्ड' में तब्दील हो गया है।
आने वाले समय का संकेत: रेपो दर बढ़ने के पीछे अर्थव्यवस्था पर आरबीआई का भरोसा, क्या मुद्रास्फीति में कमी आएगी?
सामान्य वर्ग को न्यायोचित अधिकार मिलने चाहिए!
मनोहर चावला आज चारों तरफ़ आरक्षण ख़त्म करने के लिए सामान्य वर्ग सड़को पर है देश में जगह जगह आरक्षण ख़त्म करने के लिए जुलूस, हड़ताले और अनशन हो रहे है लेकिन सरकार के कानों जूँ तक नहीं रेंग रही है ।किसी भी दल ने आरक्षण के मुद्दे पर एक शब्द नहीं बोला न ही ... Read more
फोर्टिस शालीमार बाग ने उत्तरी-पश्चिमी दिल्ली का पहला सफल हृदय प्रत्यारोपण किया
नई दिल्ली। फोर्टिस अस्पताल, शालीमार बाग के डॉक्टरों ने उत्तरी और पश्चिमी दिल्ली का पहला सफल हृदय प्रत्यारोपण (हार्ट ट्रांसप्लांट) कर 47 वर्षीय मरीज चंचल यादव को नया जीवन दिया है…
विचार: संस्थाओं की साख पर निशाना
अगर संस्थाएं अपनी नैतिक आभा के साथ नहीं बची रहीं तो यह लोकतंत्र की सेहत के लिए शुभ नहीं होगा।
जागरण संपादकीय: जीएसटी परिषद के फैसले
ध्यान रहे कि देश के साथ विदेश के भी कारोबारी टैक्स संबंधी नियमों को सरल और सुगम बनाने की मांग करते ही रहते हैं। यह मांग पूरी होनी चाहिए, क्योंकि इससे कारोबार जगत में भरोसा बढ़ता है और इसके नतीजे में उसे गति मिलती है।
डाटा सेंटर बनाते समय पानी बिजली का भी ध्यान रखें
इस साल जुलाई में ठाणे (मुंबई) के सैकड़ों निवासियों ने बालकुम स्थित 53 एकड़ के उस भूखंड पर मानव शृंखला बनाई, जिसे ‘हाइपरस्केल डाटा सेंटर’ के लिए चयनित किया गया था। निवासी उस शोर और गर्मी के खिलाफ अपना विरोध…
चुनाव आयोग की पारदर्शिता पर सवाल
भारत के मुख्य निर्वाचन आयुक्त के खिलाफ विपक्षी दलों द्वारा राजधानी दिल्ली में मार्च और धरना-प्रदर्शन ने एक बार फिर चुनाव आयोग की कार्य-प्रणाली, चुनावी पारदर्शिता और लोकतांत्रिक संस्थाओं की स्वायत्तता को राष्ट्रीय बहस…
पाकिस्तान के गले पड़ा मक्का समझौता
सऊदी अरब में हूती विद्रोहियों के हालिया हमलों की एक शृंखला ने मक्का संयुक्त रक्षा समझौता, यानी मक्का पैक्ट को सक्रिय कर दिया है। यह पश्चिम एशिया की सुरक्षा संरचना में एक अहम मोड़ है…
मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे के लिए चल रहे आंदोलन का दिनों-दिन तेज होना बड़ी चिंता और चिंतन की बात है। विगत 2 अक्तूबर से शुरू हुआ आंदोलन धीरे-धीरे विस्तार पा रहा है और इसके पक्ष के साथ ही…
जानकी देवी मेमोरियल कॉलेज में अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन का आयोजन
जानकी देवी मेमोरियल कॉलेज, दिल्ली विश्वविद्यालय ने आठ और नौ अक्टूबर को नई दिल्ली के इंडिया हैबिटेट सेंटर में दो दिवसीय अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन ‘रीविजिटिंग द कॉन्टूर्स ऑफ इंडियन सिविलाइज़ेशन : कल्चर, हेरिटेज, गांधी एंड इंडिजेनस एपिस्टेमोलॉजीज’ का आयोजन किया…
महिलाओं को नहीं बल्कि पुरुषों को भी हो सकता है ब्रेस्ट कैंसर
नई दिल्ली, ब्रेस्ट कैंसर का नाम सुनते ही आमतौर पर हमारे मन में महिलाओं की तस्वीर आती है। लेकिन, क्या आप जानते हैं कि पुरुष भी इस बीमारी की चपेट में आ सकते हैं?
संचार मंत्रालय : सैटेलाइट कम्युनिकेशन पर भेदभाव के आरोप बेबुनियाद
नई दिल्ली, सोशल मीडिया पर एक पोस्ट सर्कुलेट हो रही है, जिसमें भारत के सैटेलाइट कम्युनिकेशन सर्विसेज के रेगुलेटरी फ्रेमवर्क की निष्पक्षता पर सवाल उठाया गया है और कहा जा रहा है कि इसे भेदभावपूर्ण तरीके से लागू किया जा रहा है। इस पर भारत सरकार के संचार मंत्रालय ने स्थिति स्पष्ट की है।
पैरों और पेट की मांसपेशियों को मिलेगी मजबूती करे पार्श्वकोणासन
नई दिल्ली, योग पद्धति में ऐसे कई आसन हैं, जो शरीर को मजबूत बनाने के साथ-साथ लचीलापन और संतुलन बनाए रखने में मदद करते हैं। 'उत्थित पार्श्वकोणासन' भी ऐसा ही एक योगासन है, जो शरीर के निचले हिस्से को मजबूत करने और पार्श्व अंगों में खिंचाव लाने के लिए किया जाता है।
स्मृति शेष: नाना पाटेकर केवल अभिनेता नहीं, बल्कि जमीन और लोक से जुड़े इंसान थे
नाना ने कभी अपने संघर्ष को छिपाया नहीं। वह खुलकर बताते थे कि उन्होंने भूख देखी है, गरीबी देखी है और अपमान भी सहा है। उन्होंने यह भी कहा था कि उन्होंने अभिनय की बहुत सी बातें जिंदगी से सीखी हैं।
Nana Patekar Manisha Koirala: 90 के दशक में नाना पाटेकर और मनीषा कोइराला के अफेयर की रूमर्स ने जोर पकड़ा था। उस दौर में दोनों के रिश्तों को लेकर हुई चर्चाओं पर हाल ही में फिल्म 'अग्नि साक्षी' के राइटर रणबीर पुष्प ने बात की।
भारतीय वायुसेना दिवस के मौके पर हम बॉलीवुड के उन कलाकारों के बारे में बता रहे हैं, जिन्होंने फिल्मों में वायु सेना के योद्धाओं का किरदार निभाया है।
मारे गए तरावड़ी के घाट: एक युद्ध की हार, जो मुहावरा बन गई
मारे गए तरावड़ी के घाट: एक युद्ध की हार, जो मुहावरा बन गई
जन्म शुरुआत है अंतिम फैसला नहीं: कहां पहुंचते हैं, यही असली कहानी
जन्म शुरुआत है अंतिम फैसला नहीं: कहां पहुंचते हैं, यही असली कहानी
एक चुनौती, जो हमें दी गई: जब भारतीय स्टार्टअप ने अंतरिक्ष में खुद की राह बनाई
हम उस पीढ़ी का हिस्सा हैं, जो प्रधानमंत्री मोदी के सार्वजनिक सेवा में 25 वर्षों के दौरान बड़ी हुई और उनकी प्रेरणा से ऐसी चीजें बना रही है, जिन्हें कभी दूसरे देशों से खरीदना पड़ता था।
उत्तर प्रदेश पुलिस आरक्षी भर्ती 2025 की शारीरिक दक्षता परीक्षा के दो केंद्र बदले गए हैं। बारिश और जलभराव के कारण आजमगढ़ की जगह मिर्जापुर में परीक्षा होगी। अभ्यर्थी संशोधित प्रवेश पत्र डाउनलोड कर नई तारीख, केंद्र
मौद्रिक नीति की दिशा: महंगाई पर आरबीआई की सख्ती, विकास और कीमतों के बीच संतुलन की परीक्षा
मौद्रिक नीति की दिशा: महंगाई पर आरबीआई की सख्ती, विकास और कीमतों के बीच संतुलन की परीक्षा
ललित सुरजन की कलम से माधवराव सप्रे
यह निबंध प्रथमत: 1907 में प्रकाशित हुआ था और मेरे लिए यह विस्मयजनक था कि सौ वर्ष पूर्व इस विषय पर कोई लेख लिखा जा सकता था !
भारत में ईसाई संगठन अपने खिलाफ बढ़ती हिंसा को लेकर चिंतित
हाल ही में, एक नई समस्या पैदा हुई है जिसने पहले से ही तनावपूर्ण और असहज अंतर-जातीय संबंधों को और जटिल बना दिया है।
मोदी अब कभी नहीं पूछेंगे कौन राहुल
एक बार नरेन्द्र मोदी ने अहंकार में पूछने की हिमाकत कर ली कि कौन राहुल, लेकिन अब भूल से भी कभी पूछने का दुस्साहस नहीं करेंगे।
विचार: संकट बने दवाओं के मनमाने मूल्य
जब दवाएं आवश्यक वस्तु अधिनियम के तहत आती हैं तो फिर एमआरपी की छद्म-आधारित मूल्य व्यवस्था क्यों ही बनी हुई है?
विचार: साकार हो रहे नव-निर्माण के सपने
यह देखकर मन अत्यंत आनंदित होता है कि विगत एक दशक में प्रधानमंत्री मोदी की नीतियों ने हमारे राष्ट्रीय जीवन के कितने ही विविध आयामों को छुआ है।
जागरण संपादकीय: मोदी शासन के 25 वर्ष
इसी के साथ उन्होंने अपनी विदेश नीति के माध्यम से अंतरराष्ट्रीय पटल पर भारत का मान भी बढ़ाया। इसी कारण वे पिछले एक दशक से अधिक समय से विश्व के लोकप्रिय शासकों में शीर्ष पर अपना स्थान बनाए हुए हैं।
कामयाब कप्तान के रूप में याद रहेंगी हरमनप्रीत
हर खिलाड़ी अपने खेल-जीवन में ऐसा फैसला लेता है, जिसमें वह खुद से अधिक देश के बारे में सोचता है। हरमनप्रीत कौर का भारतीय महिला क्रिकेट टीम की कप्तानी छोड़ने का फैसला कुछ ऐसा ही है…
स्त्रियों की सुरक्षा पर कोर्ट का रुख सही
महिलाओं की सुरक्षा किसी भी सभ्य और लोकतांत्रिक समाज की बुनियादी कसौटी होती है। दिन हो या रात, यदि महिलाएं सड़क पर चलने, यात्रा करने या किसी सार्वजनिक स्थान पर जाने से पहले अपनी सुरक्षा को लेकर चिंतित रहती हैं…
लोकतंत्र में किसी भी राजनेता के लिए मुख्यमंत्री और प्रधानमंत्री के रूप में लगातार 25 वर्ष पूरे करना सचमुच विरल है। दुनिया की दिग्गज हस्तियों में शुमार प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ये 25 साल सदैव चर्चा और विमर्श का विषय रहेंगे…
मस्तिष्क के रहस्यों की नई खोज से मानवता के उजाले
मानव सभ्यता की यात्रा अंधकार से प्रकाश की ओर बढ़ने की यात्रा है। कभी मनुष्य ने प्रकृति के रहस्यों को समझने के लिए आकाश की ओर देखा, कभी धरती की गहराइयों में उतरकर जीवन के सूत्र खोजे और कभी अपने शरीर के भीतर छिपी अद्भुत शक्तियों को जानने का प्रयास किया। विज्ञान की प्रत्येक महत्वपूर्ण ... Read more
यमुना की धारा से शेखावाटी का नया सवेरा
तीन दशक की प्रतीक्षा के बाद पानी की दस्तक, अब बदलेगी खेत, गांव, अर्थव्यवस्था और जीवन की तस्वीर शेखावाटी के लिए यमुना जल का आगमन केवल एक जल परियोजना मात्र नहीं है। यह उस क्षेत्र के लिए विकास की नई संभावनाओं का द्वार खोलने वाला महत्वपूर्ण अवसर है, जिसने सीमित वर्षा, कठोर जलवायु और लगातार ... Read more
मुंबई में बांग्लादेशी झंडे के साथ हुआ विरोध प्रदर्शन? नहीं, वीडियो विज्ञापन शूट का है
बूम ने स्थानीय लोगों और पुलिस से बात की, जिन्होंने पुष्टि की कि वायरल वीडियो महाराष्ट्र के विरार में एक विज्ञापन शूट का है.
मोदी के 25 साल: 25 साल से सत्ता के केंद्र में नरेंद्र मोदी और हताश विपक्ष के सवाल
Narendra Modi at 25 Years: कांग्रेस और दूसरे विपक्षी दलों का कहना है कि सरकार और पार्टी के फैसलों में प्रधानमंत्री कार्यालय और खुद नरेंद्र मोदी की भूमिका पहले से कहीं ज्यादा मजबूत हुई है। विपक्ष इसे स्वस्थ लोकतंत्र के लिए चिंता का विषय मानता है।
करीना कपूर का शो 'व्हाट वीमेन वांट 6' जल्द शुरू होने वाला है, जिसमें अभिनेत्री कृति सेनन अपने राखी विवाद पर खुलकर बात करती नजर आएंगी।
आमतौर पर मां-बाप अपने बच्चों को ज्यादा देर तक मोबाइल या वीडियो गेम खेलने से रोकते हैं, लेकिन चीन की 60 वर्षीय झोंग जुआनजुआन की कहानी कुछ अलग है। कभी वह अपने बेटे को गेम खेलने से रोकने के लिए इंटरनेट कैफे तक पहुंच जाती थीं, लेकिन आज वही गेमिंग उनकी पहचान बन चुकी है। इंटरनेट की दुनिया में वह ‘आंटी जुआन’ के नाम से मशहूर हैं और हजारों लोग उन्हें लाइव गेम खेलते हुए देखना पसंद करते हैं।
टीएन शेषन–ज्ञानेश कुमार: एक के दौर में बदली पहचान, दूसरे के दौर में क्यों उठे सवाल!
टीएन शेषन 10वें और ज्ञानेश कुमार 26वें मुख्य चुनाव आयुक्त हैं। शेषन ने देश को CEC की ताकत दिखाई, जबकि ज्ञानेश कुमार के दौर में उसी पद की शक्ति के इस्तेमाल और फैसलों पर सवाल उठ रहे हैं।
योग जो तनाव, थायराइड और पाचन को सुधारना चाहते है तो करे मत्स्यासन
नई दिल्ली, व्यस्त दिनचर्या में काम का बढ़ता दबाव, घंटों कुर्सी पर बैठने की आदत और खराब शारीरिक मुद्रा रीढ़ की हड्डी और श्वास तंत्र पर बुरा असर डालते हैं। ऐसे ही हठयोग का 'मत्स्यासन' एक प्रभावी समाधान के रूप में काम करता है।
दिल्ली में आग का तांडव: दो फैक्टरियां जलकर हुई राख, दमकलकर्मियों ने पाया काबू
बुधवार तड़के भोरगढ़ इंडस्ट्रियल एरिया में प्लास्टिक के दाने बनाने वाली दो फैक्ट्रियों में आग लग गई। आग लगने से पूरे इलाके में हड़कंप मच गया।
सुप्रीम कोर्ट में जूनियर कोर्ट असिस्टेंट के 250 पदों पर भर्ती के लिए आज 7 अक्टूबर 2026 से आवेदन शुरू हो गए हैं। ग्रेजुएट उम्मीदवार 28 अक्टूबर तक ऑनलाइन फॉर्म भर सकते हैं। चयन चार चरणों में होगा। उम्मीदवारों की उम्र 18 से 30 वर्ष होनी चाहिए।
'दृश्यम 3' के साथ-साथ सिनेमाघरों में इन दिनों कई फिल्में लगी हुई हैं। आइए जानते हैं कि किस फिल्म ने अभी तक कितना बिजनेस किया है।
नए समय के आंदोलन: विरोध-प्रदर्शन की आड़ में बढ़ती अराजकता लोकतंत्र के लिए खतरा
सभी गांधी और जेपी का नाम लेते हैं, लेकिन उनकी मर्यादा, नैतिक बल और भाषा का कितने लोग ख्याल रखते हैं?
जिन्होंने बदलाव को संभव बनाया: 'चलता है' से 'मुमकिन है' तक, मोदी के नेतृत्व में बदलता भारत
गुजरात के मुख्यमंत्री और देश के प्रधानमंत्री के रूप में नरेंद्र मोदी के 25 वर्षों के सफर को जिन्होंने करीब से देखा है।
सफल जीवन का तरीका: खुद को तराशने में ही जिंदगी की मजेदारी, क्या बेहतर जीने के लिए कुछ छोड़ना भी जरूरी है?
क्यों धंसते जा रहे हैं दुनियाभर के शहर?: ओसाका ने दिखाया रास्ता, भूजल बचाकर ऊपर उठ सकती है जमीन
क्यों धंसते जा रहे हैं दुनियाभर के शहर?: ओसाका ने दिखाया रास्ता, भूजल बचाकर ऊपर उठ सकती है जमीन
सरकारी नौकरी की तैयारी कर रहे अभ्यर्थियों के लिए 7 अक्तूबर अहम तारीख है। उत्तराखंड ग्रुप-सी, एसएससी सीएचएसएल, यूपीएसएसएससी कनिष्ठ अभियंता, यूपीईएसएससी सहायक प्रोफेसर और जीआईएमएस स्टाफ नर्स भर्ती के आवेदन कल बंद होंगे।
विपक्षी सांसदों को रोकने का दुस्साहस
देश की आत्मा यानी लोकतंत्र को गुलाम बनाने की कई साज़िशें इस समय रची जा रही हैं,
ज्ञानेन्द्र तो फंस गए हैं लेकिन भाजपा?
भाजपा और केंद्र सरकार अगर अभी तक ज्ञानेश कुमार के पीछे खड़ी है तो यह उनके फायदे का सौदा रहा होगा।
ललित सुरजन की कलम से लेखक का विद्रोह बनाम सत्ता का अहंकार
देशभक्ति व राष्ट्रप्रेम वही है कि जो मनोज कुमार की फिल्मों में दिखाया जाता है।
नई प्रदेश अध्यक्ष से उत्तर प्रदेश कांग्रेस को बड़ी उम्मीदें
कांग्रेस सिर्फ़ भाजपा-विरोधी वोटों पर निर्भर रहने के बजाय इंडिया गठबंधन में खुद को एक स्वतंत्र राजनीतिक ताकत के तौर पर पेश कर सकती है।
विचार: आतंक की अनदेखी करने वाला मौन
आतंकी घटना टालने वाले स्मित मच्छर पर चुप रहने वाले भी आतंक से लड़ाई में बाधक हैं।
विचार: असाधारण जनसेवक हैं मोदी
'विकसित भारत' का मतलब विकसित भूटान भी है। प्रधानमंत्री मोदी ने भारत के अंतरराष्ट्रीय रिश्तों में अपने पड़ोसी देशों को हमेशा प्राथमिकता दी है।
वैश्विक खाद्य संकट की आसन्न चुनौती
विश्व अर्थव्यवस्था के सामने एक ऐसा संकट आकार लेता दिख रहा है, जिसका सीधा संबंध प्रत्येक व्यक्ति की रसोई, भोजन की उपलब्धता और घरेलू बजट से है। रूस-यूक्रेन युद्ध, पश्चिम एशिया में संघर्ष, उर्वरकों की आपूर्ति में बाधाएं…
अर्थव्यवस्था पर अल नीनो के अलावा और भी खतरे
अल नीनो ने इस साल फिर से समुद्री धाराओं, मानसूनी हवाओं और देशों के आर्थिक प्रदर्शन के बीच के नाजुक रिश्ते को जगजाहिर किया है। अगस्त-अक्तूबर के दौरान प्रशांत महासागर की सतह का तापमान करीब 2.9 डिग्री सेल्सियस …
सेवा और कर्म के बीते पच्चीस साल
लोकतंत्र में किसी व्यक्ति का सरकार-प्रमुख के रूप में लगातार 25 वर्ष पूरे करना वास्तव में एक विशेष उपलब्धि है। प्रधानमंत्री नरेंद्रभाई मोदी को सरकार प्रमुख के रूप में आज सेवा के लगातार 25 गौरवशाली वर्ष पूरे करने पर हार्दिक बधाई…
उत्तराखंड में बारिश और तेज हवाओं का येलो अलर्ट जारी
देहरादून, भारतीय मौसम विभाग की ओर से उत्तराखंड के 8 जिलों को अगले पांच दिनों के लिए येलो अलर्ट पर रखा गया है।
आयुष मंत्रालय : योगाभ्यास की शुरुआत प्रार्थना से करना है जरूरी
नई दिल्ली, योगाभ्यास को केवल शारीरिक कसरत तक सीमित नहीं माना जा सकता। यह शरीर, मन और आत्मा के बीच संतुलन स्थापित करने की एक संपूर्ण प्रक्रिया है। आयुष मंत्रालय के अनुसार, योग का वास्तविक लाभ तभी मिलता है जब इसकी शुरुआत सही मानसिक अवस्था और सकारात्मक सोच के साथ की जाए।
दूसरा पहलू:बदलती स्क्रीन ने यादों का अंदाज भी बदल दिया, आज विज्ञापन स्मृतियों का हिस्सा क्यों नहीं बन पाते?
सरकारी नौकरी की तैयारी कर रहे अभ्यर्थियों के लिए 6 अक्तूबर अहम तारीख है। मध्य प्रदेश पुलिस कांस्टेबल, आईबीपीएस हिंदी अधिकारी, यूपीएससी इंजीनियरिंग सेवा समेत पांच भर्तियों की अंतिम तिथि 6 अक्तूबर है।
मानकों का उल्लंघन ठीक नहीं: रिहायशी इलाकों में व्यावसायिक गतिविधियों को रोकने पर जोर, राज्यों में अमल जरूरी
ललित सुरजन की कलम से लक्ष्यवेध पर संदेह क्यों?
'एक टीकाकार ने लिखा है कि मोदी सरकार ने सर्जिकल स्ट्राइक के माध्यम से एक मनोवैज्ञानिक खेल खेला है।
बच्चों के पोषण में डिजिटलीकरण न बने बाधा
भोजन और पोषण से जुड़ी योजनाओं में बढ़ते डिजिटलीकरण को भी इसी संदर्भ में देखने की जरूरत है, ताकि तकनीक बच्चों तक भोजन और पोषण की पहुंच में बाधा न बने।
सामाजिक प्रतिक्रांति का युद्घघोष
पितृसत्ता से लेकर जाति का विनाश, इतिहास के गैर-ब्राह्मणीकरण से मनु का श्राप तक—पहली नजर में बेशक यह किसी को भी सामाजिक सुधार और जागरण की कार्यसूची लग सकती है।
विचार: बदलते भारत के अनुरूप बने यूपीएससी
परीक्षा में वैकल्पिक विषय को खत्म करके और उम्र सीमा को घटाकर यूपीएससी को कुछ सुधार तुरंत करने की जरूरत है।
विचार: बेहतर विकल्प देने में अक्षम विपक्ष
यदि लोगों का सरकार से मोहभंग हो भी रहा है तो उसे प्रकट करने के लिए उनके सामने विकल्प क्या हैं?
जागरण संपादकीय: महिला सुरक्षा का प्रश्न
यह ठीक नहीं कि महिलाओं के खिलाफ होने वाले अपराध संबंधी कानून कठोर किए जाने के बाद भी ऐसे अपराध कम होने का नाम नहीं ले रहे हैं। ऐसा क्यों हो रहा है, इस पर पुलिस के साथ न्यायिक तंत्र, दोनों को ही विचार करना होगा।
चुनावी लोकतंत्र की तरक्की के लिए पीछे मुड़कर देखिए
चुनाव आयोग की आंतरिक कार्यप्रणाली को लेकर हुए खुलासे ने तीनों चुनाव आयुक्तों के बीच की गैर-बराबरी और अलोकतांत्रिक कामकाज को उजागर किया है। यह सब चुनाव आयोग द्वारा मतदाता सूची के ‘विशेष गहन पुनरीक्षण…
विदेशी दान की निगरानी बहुत जरूरी
अब हम एक वैश्विक गांव में रह रहे हैं। नई परिस्थिति में अब एक देश से दूसरे देश में सहायता-राशि हस्तांतरित करना भी बहुत आसान हो गया है। किसी धनराशि के हस्तांतरण का उद्देश्य यदि सचमुच गरीब अथवा विकासशील देशों की मदद…
स्मृतियों, भावनाओं और व्यवहारों का निर्माण मस्तिष्क में किस तरह होता है, इसे पूरी तरह समझना इंसानों का पुराना सपना है। इस सपने को साकार करने की ओर कदम बढ़ाते तीन वैज्ञानिकों - कार्ल डीसेरोथ, पीटर हेगेमैन और जॉर्ज …
15,000 और सरकारी इमारतों में लगाया जाएगा रूफटॉप सोलर सिस्टम: गुजरात
गांधीनगर, गुजरात प्रशासन 2026-27 के दौरान 15,000 और सरकारी इमारतों पर रूफटॉप सोलर सिस्टम लगाने की योजना बना रहा है।
ममता के खाते में 30 लाख: गया भी, मिला भी, लेकिन क्यों?
ममता बनर्जी के खाते में ऑक्टेव रिकॉर्ड्स से करीब 30 लाख रुपये पहुंचे और पूर्व मंत्री इंद्रनील सेन ने इसे ‘रॉयल्टी’ बताया।
लोकतंत्र के प्रहरी “चुनाव आयोग” के सिद्ध अपराध की सजा, लोकतंत्र को देशद्रोही बताकर दी जा रही है। वैसे भी अस्सी साल में देश का गला, लोकतंत्र के गीत गाते- गाते, बैठ चुका है। आवाज कर्कश हो गई है। चीखें बेमानी हो चुकी हैं। इतिहास के उन नायकों से हमें आँखें मिलाते हुए डर लगता ... Read more
द बोनस मार्केट अपडेट: शेयर बाजार में बढ़त, सेंसेक्स 400 अंक चढ़ा तो निफ्टी 22500 के पार; जानिए पूरा हाल
भारत में नया राजनीतिक आख्यान-'प्रधानमंत्री मोदी के मोहरे हैं ज्ञानेश कुमार'
चुनावी आख्यान में बदलाव साफ़ दिख रहा है। अगले साल की शुरुआत में होने वाले अहम राज्य चुनावों से ठीक पहले 'वोट चोरी का नारा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को निशाना बनाता है।
जनता को अब बंटना नहीं है, जंतर-मंतर से आई एकता को बनाए रखना है
प्रधानमंत्री मोदी ने ही देश को हिन्दू-मुस्लिम में बांटा था। और अब उन्होंने ही न केवल हिन्दू-मुस्लिम को बल्कि बाकी जाति और अन्य दूसरे जितने भी आधारों पर जनता को बांटा था सबको फिर एक कर दिया।
हम चीन-जापान के बराबर कब पहुंचेंगे
जान बची तो लाखों पाए। यह कहावत पूरी तरह खरी उतरती है भारतीय दल पर, जिसने नागोया एशियाई खेलों के आखिरी दो दिनों में कई तमगे जीतकर पदक-तालिका में चौथा स्थान प्राप्त कर लिया। शनिवार को ही उसके खाते में पांच …
विचार: भ्रामक इतिहास को सुधारने की पहल
एक समाज जो अपने अतीत में केवल पराजय देखता है, वह भविष्य में भी केवल अनुकरणजीवी बनता है।
चुनाव आयोग में पारदर्शिता की मांग सही
नई दिल्ली के कॉन्स्टिट्यूशन क्लब में 30 सितंबर को हुई ‘इंडिया’ ब्लॉक की आठवीं बैठक के बाद विपक्ष ने चुनाव आयोग और मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण, यानी एसआईआर को लेकर अपने आंदोलन का खाका सामने रखा है…
विचार: अगले सुधारों की पुख्ता तैयारी
जीएसटी की बढ़ती परिपक्वता हमें सुधारों के अगले चरण के लिए एक सशक्त आधार प्रदान करती है।
एआई के भरोसे भविष्य को दांव पर लगाना ठीक नहीं
दुनिया के धनकुबेरों में से एक ने कहा है कि कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई) की दुनिया में बच्चों को जोड़, घटाव, गुणा, भाग सीखने की कोई जरूरत नहीं है; इन सबको अब भूल जाएं। हालांकि, अगर एआई का बुलबुला फूटा, तो बहुत मुमकिन है कि यह धनकुबेर खुद ताकतवर लोगों की सूची से बाहर हो जाएं और दुनिया उनके…

