गोरखपुर में मौसम बदलने के साथ संक्रमण का खतरा बढ़ने को देखते हुए संचारी रोग नियंत्रण अभियान शुरू किया गया। गुरुवार को नगर निगम परिसर से जनजागरूकता रैली निकालकर अभियान की शुरुआत हुई। महापौर डॉ. मंगलेश श्रीवास्तव, सीडीओ शाश्वत त्रिपुरारी, नगर आयुक्त अजय जैन समेत स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों ने रैली को हरी झंडी दिखाई। इस दौरान लोगों को संचारी रोगों से बचाव की शपथ भी दिलाई गई। अभियान के तहत 12 से 31 अक्टूबर तक घर-घर दस्तक अभियान चलेगा। स्वास्थ्यकर्मी बुखार, टीबी, डेंगू, इन्फ्लुएंजा समेत अन्य बीमारियों के मरीजों की पहचान करेंगे और जरूरत पड़ने पर उन्हें सरकारी अस्पताल भेजा जाएगा। घर-घर पहुंचेगी टीम अभियान के तहत 12 अक्टूबर से 31 अक्टूबर तक विशेष ‘दस्तक अभियान’ चलाया जाएगा। इसमें स्वास्थ्यकर्मी घर-घर जाकर बुखार, टीबी, इन्फ्लुएंजा, डेंगू समेत अन्य संक्रामक बीमारियों के मरीजों की पहचान करेंगे। जरूरतमंदों को तुरंत नजदीकी सरकारी अस्पताल में इलाज के लिए भेजा जाएगा, जिससे समय रहते बीमारी पर काबू पाया जा सके। एक महीने तक चलेगा अभियान इस अभियान में स्वास्थ्य विभाग के साथ-साथ नगरीय निकाय, पंचायती राज, पशुपालन, कृषि, शिक्षा और आईसीडीएस सहित करीब एक दर्जन विभाग मिलकर काम करेंगे। सभी विभागों के समन्वय से जागरूकता, साफ-सफाई और रोकथाम से जुड़ी गतिविधियां लगातार एक महीने तक चलेंगी। महापौर डॉ. मंगलेश श्रीवास्तव ने कहा कि बारिश और मौसम बदलने के दौरान संचारी रोग तेजी से फैलते हैं। ऐसे में हर व्यक्ति को अपने घर और आसपास सफाई रखनी चाहिए और स्वास्थ्य विभाग के निर्देशों का पालन करना चाहिए। 5 साल में इंसेफेलाइटिस से नहीं हुई एक भी मौत CMO डॉ. राजेश झा ने बताया कि यह अभियान साल में तीन बार चलाया जाता है और इसके सकारात्मक नतीजे सामने आए हैं। पिछले पांच वर्षों में जिले में जापानी इंसेफेलाइटिस से एक भी मौत नहीं हुई है। इस बार डेंगू और डायरिया को लेकर विशेष फोकस रखा गया है। उन्होंने लोगों से अपील की कि किसी भी प्रकार का बुखार होने पर सीधे सरकारी अस्पताल में जांच और इलाज कराएं। कार्यक्रम में ACMO डॉ. नंदलाल कुशवाहा, डॉ. विनय पांडेय, डॉ. संतोष कुमार श्रीवास्तव, डॉ. एनके द्विवेदी, मंडलीय कीट विज्ञानी डॉ. वीके श्रीवास्तव, जिला मलेरिया अधिकारी अंगद सिंह समेत कई विभागों के अधिकारी और कर्मचारी मौजूद रहे।
पेंड्रा। प्रधानमंत्री आवास योजना की बकाया किश्त जारी नहीं होने से हितग्राही परिवार को जर्जर मंगल भवन में रहने को मजबूर होना पड़ रहा है। गुरुवार को इसी भवन की छत का बड़ा हिस्सा अचानक भरभराकर नीचे गिर गया। हादसे के समय एक वर्षीय बच्चा पास में खेल रहा था। परिवार के सदस्य की सतर्कता से उसे समय रहते खींचकर दूर कर लिया गया, जिससे बड़ा हादसा टल गया। हालांकि, हड़बड़ी में बच्चे को मामूली चोट आई है। किश्त नहीं मिली तो अधूरा रह गया पीएम आवास पेंड्रा निवासी आकाश चौधरी का प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत मकान बन रहा था। परिवार के मुताबिक, शासन की ओर से बकाया किश्त जारी नहीं होने के कारण निर्माण कार्य बीच में रुक गया। रहने के लिए कोई दूसरा ठिकाना नहीं होने पर परिवार को स्थानीय मंगल भवन में शरण लेनी पड़ी। परिवार का कहना है कि जिस मंगल भवन में वे रह रहे हैं, उसकी हालत पहले से ही बेहद जर्जर है और यहां रहना जोखिम भरा बना हुआ है। बच्चे के पास गिरा छत का प्लास्टर गुरुवार को परिवार के सदस्य मंगल भवन में मौजूद थे। इसी दौरान अचानक छत का एक बड़ा हिस्सा टूटकर नीचे गिर गया। आकाश चौधरी का एक वर्षीय बच्चा उसी जगह के पास खेल रहा था। परिवार के एक सदस्य की नजर समय रहते गिरते प्लास्टर पर पड़ गई। उसने तुरंत बच्चे को खींचकर दूर किया। इस दौरान बच्चा मामूली रूप से घायल हो गया, लेकिन बड़ा हादसा होने से बच गया। परिवार ने मांगी सुरक्षा और रुकी किश्त जारी करने की गुहार घटना के बाद परिवार में दहशत का माहौल है। उनका कहना है कि पीएम आवास की किश्त समय पर नहीं मिलने से मकान अधूरा पड़ा है और मजबूरी में जर्जर भवन में रहना पड़ रहा है। परिवार ने प्रशासन से मंगल भवन की स्थिति को देखते हुए सुरक्षा की व्यवस्था करने और पीएम आवास की बकाया किश्त जल्द जारी कर अधूरे मकान का निर्माण पूरा कराने की मांग की है।
कानपुर देहात की भोगनीपुर विधानसभा सीट से विधायक और योगी सरकार में कैबिनेट मंत्री राकेश सचान बुधवार से चर्चा में हैं। राकेश सचान बुधवार को राज्यसभा चुनाव के नामांकन के दौरान लखनऊ में थे। इसी दौरान उनकी एक तस्वीर सपा प्रमुख अखिलेश यादव और अन्य सपा नेताओं के साथ सामने आई। तस्वीर वायरल होने के बाद राज्यसभा चुनाव में क्रॉस वोटिंग को लेकर कयास लगाए जाने लगे। भोगनीपुर की मौजूदा सियासत को समझने के लिए पहले राकेश सचान के राजनीतिक सफर पर नजर डालना जरूरी है। राकेश सचान ने अपनी राजनीति समाजवादी पार्टी से शुरू की। वह 1993 और 2002 में घाटमपुर से सपा के विधायक रहे। 2009 में सपा के टिकट पर फतेहपुर से लोकसभा चुनाव जीतकर संसद पहुंचे। उन्हें मुलायम सिंह यादव और शिवपाल सिंह यादव के करीबी नेताओं में गिना जाता रहा है। 2019 के लोकसभा चुनाव से पहले उन्होंने सपा छोड़कर कांग्रेस का रुख किया और फतेहपुर से चुनाव लड़ा। इसके बाद 2022 के विधानसभा चुनाव से ठीक पहले उन्होंने कांग्रेस छोड़कर बीजेपी का दामन थाम लिया। बीजेपी ने उन्हें भोगनीपुर से अपना प्रत्याशी बनाया। राकेश सचान को बीजेपी का टिकट मिलने के साथ ही भोगनीपुर में पार्टी के भीतर विरोध भी सामने आया था। 2017 में इसी सीट से बीजेपी के विधायक रहे विनोद कुमार कटियार का टिकट काटकर राकेश सचान को प्रत्याशी बनाया गया था। टिकट की घोषणा के बाद कटियार समर्थकों ने पार्टी कार्यालय में विरोध और नारेबाजी की थी। उस समय स्थानीय संगठन के एक हिस्से की नाराजगी की खबरें भी सामने आई थीं। हालांकि चुनावी नतीजे बीजेपी के पक्ष में रहे। 2022 में राकेश सचान को 87 हजार 809 वोट मिले और उन्होंने समाजवादी पार्टी के नरेंद्र पाल सिंह को 11 हजार 893 वोट से हराया। नरेंद्र पाल सिंह को 75 हजार 916 वोट मिले, जबकि बहुजन समाज पार्टी के जुनैद खान 47 हजार 332 वोट के साथ तीसरे स्थान पर रहे। यानी बीजेपी के राकेश सचान और सपा के नरेंद्र पाल सिंह के बीच जितने वोट का अंतर था, उससे लगभग चार गुना वोट जुनैद के खाते में गए थे। यही आंकड़ा अब 2027 की राजनीति में चर्चा का विषय है। 2022 में बीजेपी, सपा और बीएसपी के बीच वोट तीन प्रमुख हिस्सों में बंटे थे। अब जुनैद पहलवान सपा के साथ हैं। ऐसे में एक सवाल यह है कि 2022 में बीएसपी के खाते में गए वोटों में से कितना हिस्सा जुनैद के व्यक्तिगत प्रभाव से जुड़ा था और कितना पार्टी या स्थानीय समीकरणों से। इसका जवाब चुनाव के दौरान ही सामने आएगा, क्योंकि किसी उम्मीदवार को मिले पूरे वोट को उसका स्थायी व्यक्तिगत वोट बैंक मानना चुनावी आंकड़ों के आधार पर उचित नहीं होगा। जुनैद की सपा में एंट्री को इसलिए भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है क्योंकि अखिलेश यादव ने खुद 2022 के चुनाव का जिक्र करते हुए कहा था कि अगर उस समय जुनैद को मना लिया गया होता तो सपा का एक विधायक और बढ़ जाता। यानी सपा नेतृत्व भी भोगनीपुर में जुनैद के 2022 के प्रदर्शन को राजनीतिक संदर्भ में देख रहा है। अब सवाल यह है कि 2027 में सपा जुनैद को ही मैदान में उतारती है या किसी दूसरे चेहरे पर भरोसा करती है। अगर उम्मीदवार कोई और होता है तो जुनैद की भूमिका क्या रहती है और वह पार्टी प्रत्याशी के लिए किस स्तर तक सक्रिय होते हैं, यह भी चुनावी समीकरण का हिस्सा होगा। पिछले तीन विधानसभा चुनावों में बदली तस्वीर भोगनीपुर के पिछले चुनावों का रिकॉर्ड बताता है कि यहां मुकाबला हमेशा एकतरफा नहीं रहा है। 2012 में समाजवादी पार्टी के योगेंद्र पाल सिंह ने 57 हजार 555 वोट लेकर चुनाव जीता था। उनकी जीत का अंतर 4 हजार 653 वोट रहा था। 2017 में बीजेपी के विनोद कुमार कटियार ने 71 हजार 466 वोट हासिल कर बीएसपी के धर्मपाल सिंह भदौरिया को 19 हजार 5 वोट से हराया था। इसके बाद 2022 में राकेश सचान बीजेपी के टिकट पर जीते, लेकिन उनकी जीत का अंतर 2017 के मुकाबले घटकर 11 हजार 893 वोट रह गया। 2024 के लोकसभा चुनाव में सपा को बढ़त 2024 का लोकसभा चुनाव भी भोगनीपुर की तस्वीर का एक महत्वपूर्ण आंकड़ा है। जालौन लोकसभा सीट के तहत आने वाले भोगनीपुर विधानसभा क्षेत्र में 2024 के लोकसभा चुनाव में समाजवादी पार्टी के नारायण दास अहिरवार को 1 लाख 6 हजार 873 वोट मिले, जबकि बीजेपी के भानु प्रताप सिंह वर्मा को 75 हजार 848 वोट मिले। बीएसपी को 20 हजार 17 वोट मिले। इस तरह भोगनीपुर विधानसभा क्षेत्र में सपा को बीजेपी के मुकाबले 31 हजार 25 वोट की बढ़त मिली थी। हालांकि लोकसभा और विधानसभा चुनाव के आंकड़ों की सीधी तुलना नहीं की जा सकती। लोकसभा चुनाव में राष्ट्रीय मुद्दे, गठबंधन और संसदीय प्रत्याशी का प्रभाव अलग होता है, जबकि विधानसभा चुनाव में स्थानीय उम्मीदवार, संगठन, व्यक्तिगत पकड़ और स्थानीय मुद्दे भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। इसलिए 2024 में सपा को मिली बढ़त को 2027 के विधानसभा चुनाव का सीधा संकेत मानना उचित नहीं होगा। लेकिन यह आंकड़ा इतना जरूर बताता है कि 2022 के विधानसभा चुनाव के बाद भोगनीपुर के वोटिंग पैटर्न में बदलाव देखने को मिला था। बीजेपी में विनोद कटियार का नाम फिर चर्चा में इसी बीच बीजेपी के भीतर भोगनीपुर की राजनीति में एक पुराना नाम फिर चर्चा में है—विनोद कुमार कटियार। 2017 में विधायक रहे कटियार 2022 में टिकट से वंचित रह गए थे। उस समय उनके समर्थकों की नाराजगी सार्वजनिक रूप से सामने आई थी। अब अगर 2027 में बीजेपी फिर राकेश सचान को प्रत्याशी बनाती है तो पार्टी के भीतर टिकट को लेकर पुराने समीकरण और संगठनात्मक तालमेल भी चर्चा का विषय रहेंगे। वहीं अगर पार्टी किसी दूसरे चेहरे पर विचार करती है तो उसका असर भोगनीपुर की चुनावी रणनीति पर पड़ सकता है। फिलहाल टिकट को लेकर कोई अंतिम निर्णय सामने नहीं आया है। सामाजिक समीकरण भी अहम भोगनीपुर के सामाजिक समीकरण की बात करें तो यहां कई जातीय और सामाजिक समूह चुनावी राजनीति को प्रभावित करते हैं। दलित, मुस्लिम, यादव, कुर्मी, पाल, कुशवाहा, निषाद, ब्राह्मण और क्षत्रिय समेत अलग-अलग समुदायों की मौजूदगी है। स्थानीय राजनीतिक आकलनों में अलग-अलग समुदायों की संख्या के अलग-अलग अनुमान मिलते हैं। इसलिए इन्हें आधिकारिक आंकड़ों की तरह पेश करना उचित नहीं होगा। इतना जरूर है कि भोगनीपुर में गैर-यादव ओबीसी समूहों के साथ दलित, मुस्लिम और अन्य सामाजिक समूहों का वोट किसी भी प्रमुख दल के चुनावी गणित में महत्वपूर्ण माना जाता है। बीएसपी भी इस पूरे समीकरण का एक अहम हिस्सा रही है। 2017 में बीएसपी के धर्मपाल सिंह भदौरिया को 52 हजार 461 वोट मिले थे। 2022 में जुनैद खान को 47 हजार 332 वोट मिले। वहीं 2024 के लोकसभा चुनाव में भोगनीपुर विधानसभा क्षेत्र में बीएसपी के खाते में 20 हजार 17 वोट आए। यानी पिछले तीन चुनावों में बीएसपी के वोट में बड़ा उतार-चढ़ाव देखने को मिला है। अब अगर 2027 में बीएसपी मजबूत प्रत्याशी उतारती है तो मुकाबले का एक अलग कोण बनेगा। वहीं अगर पार्टी कमजोर प्रत्याशी के साथ मैदान में रहती है तो 2022 की तरह उसके वोटों का आकार कितना रहता है, यह देखने वाली बात होगी। फिलहाल भोगनीपुर में बीएसपी के उम्मीदवार को लेकर तस्वीर साफ नहीं है।
मिर्जापुर के कछवां थाना क्षेत्र स्थित काशीराम आवास के ब्लॉक नंबर छह के कमरा नंबर 71 में गुरुवार सुबह एक युवक का शव पंखे से गमछे के सहारे फंदे पर लटका मिला। मृतक की पहचान वारिस (24) पुत्र सिकंदर के रूप में हुई है। वह सैलून का काम करता था। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर आगे की कार्रवाई शुरू की। जानकारी के अनुसार, बुधवार रात वारिस का अपनी पत्नी से विवाद हुआ था। विवाद की जानकारी मिलने पर पुलिस को बुलाया गया था। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर दोनों को समझाया और इसके बाद उन्हें घर भेज दिया था। इसके बाद गुरुवार सुबह वारिस के फंदा लगाने की खबर सामने आई। घटना के बाद परिवार में मातम छा गया। एक साल पहले की थी लव मैरिज, पत्नी गर्भवती परिवार वालों के अनुसार, वारिस ने करीब एक साल पहले नई बाजार, भदोही निवासी सब्बो बेगम से लव मैरिज की थी। उसकी पत्नी गर्भवती है। परिवार के मुताबिक, वारिस की मां का भी करीब छह महीने पहले बीमारी के चलते निधन हो गया था। मां की मौत के बाद परिवार पहले ही सदमे में था। चार भाइयों और पांच बहनों में सबसे बड़ा था वारिस वारिस चार भाइयों और पांच बहनों में सबसे बड़ा था। उसकी मौत की खबर मिलते ही परिवार में कोहराम मच गया। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। आसपास के लोग भी घटना से स्तब्ध हैं। पुलिस ने घटनास्थल से सबूत जुटाए सूचना पर पहुंची पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण करने के बाद शव को कब्जे में ले लिया। पुलिस ने मामले में आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है। घटना किन परिस्थितियों में हुई, इसे लेकर पुलिस जांच कर रही है।
भीलवाड़ा-अजमेर नेशनल हाईवे -48 पर स्थित संगम मिल यूनिट-2, सरेरी में बुधवार देर रात री-साइकिल प्लांट में अचानक भीषण आग लग गई। आग लगते ही फैक्ट्री परिसर में अफरा-तफरी मच गई। देखते ही देखते आग ने विकराल रूप धारण कर लिया और रूई के गोदाम में रखा मटेरियल जलने लगा। आग की लपटें और धुएं का गुबार देखकर आसपास के क्षेत्र में भी हड़कंप मच गया। प्लांट में काम कर रहे कर्मचारियों को तुरन्त बाहर निकाला गया। करीब 10 से 15 फायर ब्रिगेड की गाड़ियों पर आग पर काबू पाने का प्रयास किया गया। रात भर आग बुझने के प्रयास चलते रहे हालांकि सुबह तक रह-रह कर आग सुलगती रही। फैक्ट्री में लाखों रुपये के नुकसान का अनुमान बताया जा रहा है। हालांकि आग लगने के वास्तविक कारणों का अभी पता नहीं चल पाया है। आग लगने के कारणों और नुकसान का वास्तविक आकलन जांच के बाद ही स्पष्ट होगा। देखें तस्वीरें…
छत्तीसगढ़ के धमतरी जिले में नेशनल हाईवे-30 पर रायपुर से जगदलपुर लौट रही एंबुलेंस पहले डिवाइडर से टकराई और फिर ट्रैक्टर-ट्रॉली से जा भिड़ी। हादसे में नर्स शबनम खान (35) की मौत हो गई, जबकि बाकी 3 लोग घायल हो गए। जिन्हें जिला अस्पताल में एडमिट किया गया है। जानकारी के मुताबिक एम्बुलेंस रायपुर से जगदलपुर लौट रही थी, जिसमें 72 साल के राजेंद्र खत्री का शव रखा था और और उनके परिजन भी साथ लौट रहे थे। हादसे में मृतक के बेटे देवेंद्र खत्री, पत्नी उषा खत्री और बेटी मीनाक्षी घई घायल हुए हैं। घटना अर्जुनी थाना क्षेत्र की है। देखिए तस्वीरें- एंबुलेंस में पहले से रखी थी डेड बॉडी दरअसल, जगदलपुर के कंगोली डोंगरीपारा के रहने वाले राजेंद्र खत्री को इलाज के लिए डिमरापाल से रायपुर के एसएमसी अस्पताल ले जाया गया था। अस्पताल पहुंचने पर डॉक्टरों ने जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया। इसके बाद राजेंद्र खत्री का शव एंबुलेंस से परिजन के साथ जगदलपुर वापस ले जाया जा रहा था। पहले डिवाइडर से टकराई, फिर ट्रैक्टर-ट्रॉली से भिड़ी बताया जा रहा है कि धमतरी के संबलपुर के पास एंबुलेंस चालक ने वाहन से नियंत्रण खो दिया। एंबुलेंस पहले डिवाइडर से टकराई और इसके बाद सामने चल रही ट्रैक्टर-ट्रॉली से जा भिड़ी। टक्कर के दौरान एंबुलेंस में साइड में बैठी नर्स शबनम खान गंभीर रूप से घायल हो गईं और उनकी मौके पर ही मौत हो गई। मृतक के परिजनों को भी आई चोट हादसे में राजेंद्र खत्री के बेटे देवेंद्र खत्री, उनकी पत्नी उषा खत्री और बेटी मीनाक्षी घई को चोट आई है। तीनों को 108 एंबुलेंस से जिला अस्पताल लाया गया, जहां उनका इलाज किया गया। नर्स शबनम खान के शव को वरदान एंबुलेंस से जिला अस्पताल पहुंचाया गया। अर्जुनी पुलिस जांच में जुटी हादसे की सूचना मिलने पर अर्जुनी पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने घटनास्थल का जायजा लेकर मामले की जांच शुरू कर दी है।
बलिया डीपीआरओ से मिले सफाईकर्मी:बकाया भुगतान और विशेष अवकाश मांग, सुरक्षा किट देने की उठाई आवाज
बलिया में गुरूवार को उत्तर प्रदेश पंचायती राज ग्रामीण सफाई कर्मचारी संघ, जनपद शाखा बलिया के प्रतिनिधिमंडल ने जिलाध्यक्ष चन्द्रशेखर यादव के नेतृत्व में जिला पंचायत राज अधिकारी, बलिया से मुलाकात की। इस बैठक में ग्रामीण सफाई कर्मचारियों की विभिन्न समस्याओं एवं मांगों पर विस्तृत वार्ता की गई।प्रतिनिधिमंडल ने ACP वेतन वृद्धि के अवशेष एरियर का भुगतान, पूर्व से लंबित एरियर एवं अन्य वित्तीय देयों का शीघ्र भुगतान, नियम विरुद्ध समायोजन एवं स्थानांतरण पर रोक, महिला सफाई कर्मचारियों को विशेष अवकाश, सफाई कर्मचारियों को सुरक्षा उपकरण एवं सफाई किट उपलब्ध कराने तथा NPS खातों के अद्यतन विवरण एवं पासबुक उपलब्ध कराने की मांग की।संघ के पदाधिकारियों ने कहा कि ग्रामीण सफाई कर्मचारी अपने दायित्वों का निर्वहन पूरी निष्ठा एवं जिम्मेदारी के साथ कर रहे हैं। इसके बावजूद कई समस्याएं लंबित हैं। प्रतिनिधिमंडल ने इन समस्याओं का शीघ्र समाधान कराने का अनुरोध किया।जिला पंचायत राज अधिकारी ने प्रतिनिधिमंडल की बातों को गंभीरता से सुना और आवश्यक कार्यवाही का आश्वासन दिया।
मैहर जिले के अमरपाटन थाना क्षेत्र के ककरा में हाईवे किनारे खड़े ट्रेलर से डीजल चोरी करते एक युवक को ग्रामीणों ने पकड़ लिया। आरोपी अपने तीन साथियों के साथ बोलेरो से आया था। ग्रामीणों को देखकर तीनों साथी मौके से फरार हो गए। पुलिस ने आरोपी से 100 लीटर डीजल जब्त कर मामला दर्ज किया है। टैंक का लॉक तोड़कर चोरी कर रहा था डीजल पुलिस के अनुसार रामसेवक यादव (58) अपने सहयोगी के साथ ट्रेलर में मशीन के पार्ट्स लेकर जा रहे थे। मंगलवार देर रात उन्होंने राष्ट्रीय राजमार्ग-30 पर ककरा के पास ट्रेलर खड़ा किया था। बुधवार सुबह करीब 5 बजे शोर सुनकर रामसेवक की नींद खुली। ग्रामीणों ने आरोपी को पकड़ा रामसेवक ने देखा कि कुछ ग्रामीण एक युवक को पकड़कर उसकी पिटाई कर रहे हैं। पूछताछ में सामने आया कि युवक अपने तीन साथियों के साथ फोरव्हीलर से आया था। उसने ट्रेलर के डीजल टैंक का लॉक तोड़कर डीजल निकालना शुरू कर दिया था। ग्रामीणों की नजर पड़ते ही उसके तीन साथी वाहन लेकर भाग गए। 100 लीटर डीजल जब्त, 3 की तलाश पकड़े गए आरोपी की पहचान रोहिणी लोनी (40), निवासी सिलपुर, अनूपपुर के रूप में हुई है। पुलिस ने उसके कब्जे से करीब 100 लीटर डीजल जब्त किया है। पुलिस ने ड्राइवर रामसेवक यादव की रिपोर्ट पर बुधवार देर शाम मामला दर्ज किया। फरार तीन आरोपियों की तलाश और उनसे जुड़े गिरोह के बारे में पूछताछ की जा रही है।
हिसार पुलिस की नशा मुक्ति टीम द्वारा नशे के खिलाफ चलाए जा रहे जागरूकता अभियान को गांव-गांव तक पहुंचाया जा रहा है। पुलिस अधीक्षक हिसार सिद्धांत जैन के दिशा-निर्देशन में टीम ने थाना बरवाला क्षेत्र के गांव पाबड़ा में नुक्कड़ सभा आयोजित कर ग्रामीणों को नशे के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक किया। टीम में शामिल सब इंस्पेक्टर हवा सिंह ने ग्रामीणों को नशे से होने वाले शारीरिक, मानसिक, सामाजिक और आर्थिक नुकसान की जानकारी देते हुए युवाओं को नशे से दूर रखने के लिए सामूहिक प्रयास करने की अपील की। उन्होंने कहा कि नशे की लत में फंसे व्यक्ति को अपराधी के रूप में देखने के बजाय उसे उपचार और सहयोग की जरूरत वाले व्यक्ति के रूप में देखा जाना चाहिए। समय पर उपचार, परिवार का सहयोग और उचित मार्गदर्शन मिलने पर नशे की लत से प्रभावित व्यक्ति को सामान्य जीवन की ओर वापस लाया जा सकता है। तस्करों की जानकारी देने की अपील नशा मुक्ति टीम ने ग्रामीणों से नशीले पदार्थों की बिक्री और सप्लाई करने वालों की जानकारी पुलिस तक पहुंचाने की अपील की। टीम ने कहा कि सूचना देने वाले की पहचान गोपनीय रखी जाएगी और नशा तस्करों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। एक दिन में 19 नशा पीड़ित उपचार से जुड़े नशा मुक्ति टीम द्वारा जिले में नशे से प्रभावित लोगों की पहचान कर उन्हें उपचार से जोड़ने के लिए विशेष प्रयास किए गए। इस दौरान 4 नशा पीड़ितों की पहचान की गई। 5 लोगों को पहली बार तथा 3 लोगों को दूसरी बार नागरिक अस्पताल हिसार में आयुर्वेदिक एवं एलोपैथिक दवाइयां उपलब्ध करवाई गईं। संबंधित लोगों के ब्लड टेस्ट और काउंसलिंग भी करवाई गई। इसके अलावा गांव पाबड़ा सहित जिले के विभिन्न क्षेत्रों में 11 नशा पीड़ितों के घर जाकर टीम ने पहली बार आयुर्वेदिक दवाइयां उपलब्ध करवाईं। इस प्रकार एक दिन में कुल 19 नशा पीड़ितों को घर अथवा नागरिक अस्पताल के माध्यम से उपचार एवं दवाइयां उपलब्ध करवाई गईं। नशा प्रभावित लोगों और परिजनों पर नजर टीम ने बताया कि नशे से प्रभावित लोगों और उनके परिजनों से लगातार संपर्क रखा जा रहा है, ताकि उनकी स्थिति की निगरानी के साथ उन्हें आवश्यक उपचार, काउंसलिंग और दवाइयां उपलब्ध करवाई जा सकें। पुलिस ने ग्रामीणों से नशे के खिलाफ एकजुट होकर अभियान में सहयोग करने और नशे की गिरफ्त में आए युवाओं को उपचार के लिए आगे लाने की अपील की।
गाजियाबाद के इंदिरापुरम थाना पुलिस ने बुधवार देर रात चेन और मोबाइल स्नैचिंग करने वाले एक आरोपी को पुलिस मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार किया। पुलिस के मुताबिक आरोपी चेकिंग के दौरान पुलिस टीम पर फायरिंग कर भागने का प्रयास कर रहा था। जवाबी कार्रवाई में उसके पैर में गोली लगी, जिसके बाद उसे उपचार के लिए अस्पताल भेजा गया। एसीपी सूर्यबली मौर्य ने बताया कि बुधवार देर रात इंदिरापुरम थाना पुलिस की टीम 5/6 पुलिया रोड पर संदिग्ध व्यक्ति और वाहनों की चेकिंग कर रही थी। इसी दौरान कनावनी पुलिया की तरफ से एक व्यक्ति बाइक पर आता दिखाई दिया। पुलिस ने उसे रुकने का इशारा किया तो उसने बाइक पीछे मोड़कर भागने का प्रयास किया। आरोप है कि भागते समय उसने पुलिस टीम पर जान से मारने की नीयत से फायरिंग कर दी। पुलिस टीम ने आत्मरक्षार्थ जवाबी कार्रवाई की, जिसमें आरोपी घायल हो गया। पुलिस ने घायल आरोपी को हिरासत में लेकर उसकी पहचान मुनासिर उर्फ मुनाजिर निवासी गरिमा गार्डन, साहिबाबाद के रूप में की। उसकी उम्र करीब 23 वर्ष बताई गई है। उपचार के लिए उसे अस्पताल भेजने के बाद पुलिस ने आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी। पूछताछ में आरोपी ने पुलिस को बताया कि वह दिल्ली-एनसीआर और गाजियाबाद में चेन और मोबाइल स्नैचिंग की घटनाओं को अंजाम देता था। पुलिस के अनुसार करीब दो सप्ताह पहले उसने इंदिरापुरम क्षेत्र में भी चेन स्नैचिंग की घटना की थी। पुलिस ने आरोपी के कब्जे से 315 बोर का एक तमंचा, एक खोखा कारतूस, एक जिंदा कारतूस, चोरी की टीवीएस बाइक और पीली धातु का एक टुकड़ा बरामद किया है। पुलिस के मुताबिक आरोपी के खिलाफ दिल्ली-एनसीआर में लूट, स्नैचिंग, चोरी और आर्म्स एक्ट समेत एक दर्जन से अधिक मुकदमे दर्ज हैं। पुलिस उसके आपराधिक इतिहास और पूर्व की घटनाओं में उसकी भूमिका की जांच कर रही है।
अयोध्या जिले के रुदौली कोतवाली क्षेत्र से 18 वर्षीय युवती के लापता होने का मामला सामने आया है। युवती के पिता ने मोहम्मद समीर नामक युवक पर उनकी बेटी को बहला-फुसलाकर कहीं ले जाने का आरोप लगाया है। पिता की तहरीर पर पुलिस ने 28 सितंबर को आरोपी के खिलाफ संबंधित धाराओं में रिपोर्ट दर्ज कर युवती की तलाश शुरू कर दी है। घटना के तीन दिन बाद भी युवती का पता नहीं चल सका है। प्रभारी निरीक्षक संजय मौर्य ने गुरुवार को बताया कि युवती के पिता की तहरीर पर मुकदमा दर्ज किया गया है। पुलिस टीम युवती की तलाश में जुटी है। संभावित स्थानों पर जानकारी जुटाने के साथ ही मामले की जांच की जा रही है। पुलिस को दी गई तहरीर के अनुसार, युवती सोमवार 28 सितंबर को दोपहर में करीब दो बजे घर से निकली थी। काफी देर तक उसके वापस नहीं लौटने पर परिजनों ने उसकी तलाश शुरू की। रिश्तेदारों और परिचितों के यहां भी जानकारी की गई, लेकिन युवती का कोई पता नहीं चला। इसके बाद परिजनों ने पुलिस को सूचना दी। युवती के पिता ने आरोप लगाया है कि मोहम्मद समीर उनकी बेटी को बहला-फुसलाकर अपने साथ कहीं ले गया है। उन्होंने यह भी आरोप लगाया है कि युवती के साथ घर से जेवर भी ले जाए गए हैं। पिता की शिकायत के आधार पर पुलिस ने आरोपी युवक के खिलाफ केस दर्ज कर लिया। सीओ रुदौली अरविंद कुमार सोनकर ने बताया कि युवती की बरामदगी के लिए पुलिस टीम लगाई गई है। पुलिस विभिन्न स्तरों पर तलाश कर रही है। उन्होंने कहा कि युवती को जल्द बरामद करने का प्रयास किया जा रहा है। बरामदगी के बाद मामले में नियमानुसार विधिक कार्रवाई करते हुए युवती को न्यायालय के समक्ष पेश किया जाएगा।
चूरू नगरपरिषद सभापति विनय गोयनका गुरुवार को शहर के वार्ड 42 पहुंचे। उन्होंने हनुमान धोरा मंदिर में वार्डवासियों की समस्याएं सुनीं।लोगों ने बताया कि बिजली का लोड ज्यादा है, इसलिए एक हाई वॉल्ट ट्रांसफार्मर लगवाया जाए। उन्होंने रामजस कुएं का जीर्णोद्धार करवाने और पेयजल के लिए ट्यूबवेल बनवाने की भी मांग की। सभापति गोयनका ने कहा कि वार्डवासी जगह चिन्हित करें, जहां जल्द ही बिजली विभाग के अधिकारियों से बात कर ट्रांसफार्मर लगवा दिया जाएगा। उन्होंने सफाई व्यवस्था को और बेहतर बनाने का भी आश्वासन दिया। संचिया माता मंदिर में पूजा भी कीइस मौके पर विश्वनाथ जांगिड़, सीताराम लुगरिया, अभय सिंगी, वार्ड पार्षद लीलाधर शर्मा, रवि दाधीच, सुरेश सारस्वत, एडवोकेट सुरेन्द्र स्वामी, प्रवीण बैद, पूर्व पार्षद राकेश दाधीच, जगदीश जांगिड़ और निरंजन प्रजापत मौजूद रहे।सभापति गोयनका ने संचिया माता मंदिर के सामने सफाई कर्मचारी शंकरलाल का साफा पहनाकर, माल्यार्पण और मिठाई देकर सम्मान किया। उन्होंने संचिया माता मंदिर में पूजा भी की।
धनबाद के कतरास में भू-धसान और अवैध खनन के खिलाफ 'कतरास बचाओ संघर्ष मोर्चा' ने जन आंदोलन किया। गुरुवार को रणधीर वर्मा चौक पर कार्यकर्ताओं और स्थानीय लोगों ने प्रदर्शन कर अपनी मांगें रखीं। उन्होंने बताया कि कतरास में लगातार जमीन धंसने की घटनाएं हो रही हैं, जिससे बड़ी संख्या में लोग परेशान हैं। मोर्चा के प्रकाश गुप्ता और प्रदिट पाण्डेय ने दावा किया कि करीब 5 लाख लोग भू-धसान की चपेट में हैं। लोगों की सुरक्षा के लिए जरूरी कदम नहीं उठाए जा रहे हजारों लोग बेघर हो चुके हैं। बीसीसीएल के प्रोजेक्ट और अवैध खनन से कतरास के कई इलाकों में जमीन धंसने का खतरा है। प्रदर्शनकारियों का आरोप है कि लोगों की सुरक्षा के लिए जरूरी कदम नहीं उठाए जा रहे। मोर्चा ने प्रभावित परिवारों का सुरक्षित पुनर्वास और भू-धसान वाले इलाकों में सुरक्षा इंतजाम मांगे। बीसीसीएल कतरास के लोगों को बेलगड़िया भेज रहा है, जहां रहने और रोजगार की कोई व्यवस्था नहीं है। प्रदिट पाण्डेय ने कहा कि कतरास के लोगों को घर से बेघर नहीं होने देंगे। हक की लड़ाई जारी रहेगी और जरूरत पड़ी तो आंदोलन दिल्ली तक ले जाएंगे।
अंबाला सिटी के कोट रोड पर देर रात पांच संदिग्ध युवकों ने कई दुकानों के ताले तोड़ने का प्रयास किया। हालांकि ज्यादातर दुकानों में वे चोरी करने में सफल नहीं हो सके। पूरी घटना CCTV कैमरों में कैद हो गई। दुकानदारों के मुताबिक, युवक रात करीब 12:12 बजे बाइक से पहुंचे थे और चेहरे ढके हुए थे। सुबह करीब 9:30 से पौने 10 बजे SG Electronic के संचालक अंकित दुकान पर पहुंचे तो बाहर पाइप टूटा हुआ पड़ा था। पहले उन्हें लगा कि शायद किसी कुत्ते आदि से पाइप टूटा होगा। इसके बाद उन्होंने दुकान के CCTV कैमरे चेक किए तो पांच युवक दुकान के बाहर ताला खोलने का प्रयास करते दिखाई दिए। गाड़ियों की आवाजाही के कारण नहीं तोड़ पाए ताला CCTV फुटेज के मुताबिक, युवक पहले SG Electronic का ताला खोलने की कोशिश करते हैं। इसी दौरान सड़क पर वाहनों की आवाजाही होने के कारण वे वहां से हट जाते हैं। इसके बाद उन्होंने आसपास की अन्य दुकानों के ताले तोड़ने का प्रयास किया। कुछ देर बाद युवक दोबारा SG Electronic के बाहर पहुंचे, लेकिन ताला नहीं तोड़ पाए। दुकानदार अंकित के मुताबिक, उनकी दुकान साल 1997 से है और इससे पहले इस तरह की घटना कभी नहीं हुई। उनका कहना है कि पिछले 3-4 महीनों में 2-3 बार बिना नंबर प्लेट की बाइक पर संदिग्ध युवकों को इलाके में घूमते देखा गया है। हाथ में मिट्टी खोदने जैसा हथियार, चेहरे ढके थे अंकित ने बताया कि CCTV में युवकों के हाथ में मिट्टी खोदने के लिए इस्तेमाल होने वाले औजार जैसा हथियार दिखाई दे रहा है। सभी पांच युवकों ने अपने चेहरे ढके हुए थे। उनके मुताबिक, उनके साथ करीब 3-4 दुकानों के ताले तोड़ने का प्रयास किया गया, लेकिन वे सफल नहीं हुए। वहीं, कुछ दुकानें छोड़कर देशराज नामक किराना दुकानदार की दुकान में चोरी होने की बात भी सामने आई है। हालांकि चोरी में कितने सामान या नकदी की गई, इसकी जानकारी अभी सामने नहीं आई है। शाम को पुलिस को देंगे शिकायत दुकानदारों के मुताबिक, घटना को लेकर अभी पुलिस को शिकायत नहीं दी गई है। अंकित ने बताया कि वे शाम को पुलिस थाने जाकर शिकायत दर्ज करवाएंगे और CCTV फुटेज भी पुलिस को सौंपेंगे। दुकानदारों ने पुलिस से इलाके में रात के समय गश्त बढ़ाने की मांग की है।
केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह करीब 23 घंटे भोपाल में रहेंगे। वे 2 अक्टूबर की रात करीब 9 बजे भोपाल पहुंचेंगे और होटल ताज में रात्रि विश्राम करेंगे। 3 अक्टूबर को उनका दिनभर विभिन्न सरकारी और सार्वजनिक कार्यक्रमों में व्यस्त कार्यक्रम रहेगा। रात करीब 8 बजे वे भोपाल से रवाना होंगे। भेल मैदान में 35 हजार से ज्यादा गोपालक जुटेंगे शाह भेल दशहरा मैदान में होने वाले राज्य स्तरीय गोपालक सम्मेलन में शामिल होंगे। इसमें प्रदेशभर से 35 हजार से अधिक गोपालक और दुग्ध सहकारी समितियों के सदस्य शामिल होंगे। सम्मेलन में पशुपालकों को बोनस राशि, गौशालाओं के लिए सहायता और गोपालक दीदियों का सम्मान किया जाएगा। डॉ. भीमराव आंबेडकर कामधेनु योजना के स्वीकृति पत्र भी बांटे जाएंगे। कार्यक्रम में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की ओर से कृषक कल्याण वर्ष के तहत हुए कार्यों और बलराम कृषि महोत्सव की गतिविधियों का प्रस्तुतीकरण होगा। गृह, पशुपालन एवं डेयरी, सहकारिता, लोक निर्माण और परिवहन विभाग अपनी योजनाओं की जानकारी देंगे। 16.80 करोड़ के डेयरी प्लांट का शुभारंभ शाह भोपाल सहकारी दुग्ध संघ परिसर में तैयार फर्मेंटेड प्रोडक्ट डेयरी प्लांट का शुभारंभ भी करेंगे। 16.80 करोड़ रुपए की लागत से बने इस प्लांट में भारत सरकार का 6 करोड़ रुपए का अनुदान और भोपाल सहकारी दुग्ध संघ का 10.80 करोड़ रुपए का अंशदान है। प्लांट की दूध प्रसंस्करण क्षमता 40 हजार लीटर प्रतिदिन है। यहां दूध से दही, छाछ, लस्सी, श्रीखंड और मावा सहित मूल्यवर्धित उत्पाद तैयार किए जाएंगे। रोज 10 हजार लीटर दूध, 10 हजार लीटर दही प्लांट में प्रतिदिन 10 हजार लीटर दूध और 10 हजार लीटर दही तैयार करने की क्षमता होगी। इसके अलावा 30 हजार लीटर छाछ, 1 हजार लीटर लस्सी, 800 किलो श्रीखंड और 1 हजार किलो मावा तैयार किया जा सकेगा। इसका उद्देश्य सांची के कारोबार को केवल तरल दूध की बिक्री तक सीमित रखने के बजाय मूल्यवर्धित दुग्ध उत्पादों का उत्पादन बढ़ाना है। उज्जैन में 255 करोड़ के डेयरी प्लांट समेत परियोजनाएं शाह के कार्यक्रम में प्रदेश के डेयरी क्षेत्र से जुड़ी अन्य परियोजनाएं भी शामिल हैं। इनमें उज्जैन में 255 करोड़ रुपए की लागत से प्रस्तावित डेयरी प्लांट, दुग्ध प्रसंस्करण और गुणवत्ता जांच से जुड़ी परियोजनाएं शामिल हैं। भोपाल और इंदौर दुग्ध संघ से जुड़े पशुपालकों को बोनस वितरण और गौशालाओं के लिए सहायता भी दी जाएगी। नए आपराधिक कानूनों की प्रदर्शनी देखेंगे भेल दशहरा मैदान में पुलिस मुख्यालय की ओर से नए आपराधिक कानूनों पर राज्य स्तरीय प्रदर्शनी लगाई गई है। शाह इसका उद्घाटन कर अवलोकन करेंगे। प्रदर्शनी में नए कानूनों और पुलिस व्यवस्था में हुए बदलावों को प्रदर्शित किया जाएगा। भौंरी में IISER परिसर का शिलान्यास इसके बाद शाह भोपाल बायपास स्थित भौंरी में IISER के अत्रि परिसर के कार्यक्रम में शामिल होंगे। यहां परिसर का शिलान्यास करने के साथ स्वामी विवेकानंद की प्रतिमा का अनावरण करेंगे। 3 अक्टूबर रात 8 बजे रवाना शाह 2 अक्टूबर की रात करीब 9 बजे भोपाल पहुंचेंगे और होटल ताज में रात्रि विश्राम करेंगे। 3 अक्टूबर को दिनभर कार्यक्रमों में शामिल होने के बाद रात करीब 8 बजे भोपाल से रवाना होंगे। इस दौरान उनका फोकस गृह, डेयरी, पशुपालन, सहकारिता और उच्च शिक्षा से जुड़े कार्यक्रमों पर रहेगा।
हनुमानगढ़ के टाउन स्थित महात्मा गांधी स्मृति राजकीय जिला अस्पताल में अंतरराष्ट्रीय वृद्धजन दिवस पर रामाश्रय स्वास्थ्य जांच शिविर लगा। यह शिविर वरिष्ठ नागरिकों के स्वस्थ जीवन के लिए एक खास पहल के तहत आयोजित किया गया।सुबह 9 बजे से दोपहर 3 बजे तक चले इस शिविर में जनरल फिजिशियन, ऑर्थोपेडिक, नेत्र, ईएनटी विशेषज्ञ और फिजियोथेरेपिस्ट ने बुजुर्गों की जांच कर जरूरी सलाह दी। बुजुर्गों के लिए रामाश्रय योजनाशिविर का आयोजन नोडल अधिकारी डॉ. शंकर लाल सोनी और सहायक नोडल अधिकारी डॉ. अमृतपाल सिंह की देखरेख में हुआ। यहां डायबिटीज, उच्च रक्तचाप, नेत्र रोग, अल्जाइमर, डिमेंशिया, कान-नाक-गला और हड्डी-जोड़ से जुड़ी समस्याओं की जांच की गई। डॉ. अमृतपाल सिंह ने बताया कि मुख्यमंत्री की रामाश्रय योजना 60 साल से ज्यादा उम्र के मरीजों के लिए है। इसका मकसद शारीरिक रूप से कमजोर बुजुर्गों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं देना है। उन्होंने वरिष्ठ नागरिकों से समय-समय पर स्वास्थ्य जांच करवाने की अपील की।
जींद में पुरानी रंजिश के चलते करनाल के गाड़ी सेल-बिक्री का काम करने वाले युवक पर जानलेवा हमला करने का मामला सामने आया है। युवक पोस्को केस में पेशी भुगतने के लिए जींद आया था। वापसी में गोहाना रोड पर 152 डी के पास अचानक ब्लैक फिल्म लगी स्कार्पियों व ब्रेजा ने कार से टक्कर मार दी। टक्कर मारने के बाद आरोपियों ने दो राउंड फायरिंग भी की। हालांकि पुलिस की प्रारंभिक जांच में फायरिंग की पुष्टि नहीं हो पाई। सूचना के बाद सदर थाना पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है। चाबरी टोल के पास की वारदात गांव फफडाना (करनाल) निवासी अमन ने पुलिस को शिकायत दी। जिसमें बताया कि वह गाड़ी खरीदने और बेचने का काम करता है। उसके खिलाफ सदर थाना में एक पोस्को का केस दर्ज है। 29 सितंबर को कोर्ट में उसकी पेशी थी। वह अपने दोस्त रमन, चेतन, लक्ष्य व समीर के साथ पेशी के लिए गाड़ी में जींद आया था। पेशी भुगतकर वह अपने दोस्तों के साथ गोहाना रोड होते हुए वापस गांव जा रहा था। गोहाना रोड पर चाबरी टोल के पास स्कॉर्पियों और ब्रेजा से उसकी गाड़ी को अचानक टक्कर मार दी। स्कॉर्पियों बिना नंबर प्लेट की थी, जबकि ब्रेजा पर पीछे टैंपरेरी नंबर प्लेट लगी थी। वह जिसका नंबर नहीं देख पाए। बचकर भागते समय फायरिंग का आरोप शिकायत में आरोप लगाया कि कारों की टक्कर से हम बच गए। जब हमने बचकर भागने लगे तो आरोपियों ने हमें निशाना बनाकर दो राउंड फायरिंग भी की। जिससे वह तथा उसके दोस्त बाल-बाल बच गए। उन्होंने बताया कि पोस्को केस में रजिश के चलते अनिल, राजेश, महेंद्र, साहिल व नीरज ने अपने 5-6 दोस्तों के साथ मिलकर जान से मारने की नीयत से उसकी गाड़ी को टक्कर मारी। जल्द गिरफ्तार होंगे आरोपी जींद सदर थाना प्रभारी मनीष कुमार ने बताया कि पेशी से लौटते समय युवक की गाड़ी को टक्कर मारने की सूचना मिली थी। जिसकी बाद पुलिस मौके पर पहुंची। मौके पर फायरिंग की पुष्टि नहीं हो पाई। शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ हत्या प्रयास सहित विभिन्न धाराओं के तहत केस दर्ज कर लिया है। आरोपियों को जल्द गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
सीधी जिले के कुसमी में स्थित संजय-दुबरी टाइगर रिजर्व में तीन महीने बाद गुरुवार, 1 अक्टूबर से पर्यटकों के लिए सफारी फिर से शुरू हो गई है। पहले दिन 9 पर्यटकों ने जंगल घूमने के लिए बुकिंग कराई। इस दौरान वन विभाग के कर्मचारी मौजूद रहे और पर्यटकों को जंगल सफारी कराई गई। मानसून के कारण जंगल के रास्ते खराब होने और वन्यजीवों की सुरक्षा को देखते हुए करीब तीन महीने तक सफारी बंद रखी गई थी। अब 1 अक्टूबर से नया पर्यटन सत्र शुरू हो गया है, जो 30 जून तक चलेगा। यह टाइगर रिजर्व जैव विविधता के लिए बहुत खास है। यहां 32 तरह के स्तनधारी, 152 तरह के पक्षी और कई सरीसृप पाए जाते हैं। पर्यटकों को बाघ, तेंदुआ, चीतल, नीलगाय, चिंकारा और सांभर जैसे वन्यजीव देखने को मिलते हैं। इस इलाके का ऐतिहासिक महत्व भी है। दुनिया का पहला सफेद बाघ 'मोहन' इसी क्षेत्र में मिला था। सुविधाएं मिलेंगी डीएफओ राजेश कन्ना टी ने बताया कि “आज से संजय टाइगर रिजर्व में सफारी की शुरुआत कर दी गई है। पर्यटकों के लिए बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने के साथ-साथ इस बात का विशेष ध्यान रखा जा रहा है कि उन्हें जंगली जानवरों का दीदार आसानी से हो सके। पर्यटकों की सुविधा और सुरक्षा का भी विशेष ध्यान रखा जा रहा है।”
पलवल के चांदहट थाना क्षेत्र में एक नाबालिग लड़की के अपहरण और रेप के मामले में 25 वर्षीय आरोपी को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने आरोपी को कोर्ट में पेश किया, जहां से 14 दिन की न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया। चांदहट थाना की अलावलपुर पुलिस चौकी प्रभारी इमरोज हैदर ने बताया कि 22 सितंबर को एक व्यक्ति ने शिकायत दी थी। उसने बताया कि भूड गांव का आरोपी उसकी 16 वर्षीय बेटी को बहला-फुसलाकर भगा ले गया था। यूपी के बुलंदशहर से बरामद हुई थी लड़की पुलिस ने मामला दर्ज कर आरोपी की तलाश शुरू की। 28 सितंबर को नाबालिग को बुलंदशहर (यूपी) के खुर्जा से बरामद किया गया। नाबालिग लड़की की काउंसलिंग और मेडिकल जांच के बाद रेप की पुष्टि हुई, जिसके बाद संबंधित धाराएं जोड़ी गईं। आरोपी हरकेश को गिरफ्तार कर घटनास्थल की निशानदेही कराई गई।
रणथंभौर में टूरिस्ट सीजन शुरू होते ही पहले ही दिन सैलानियों की जिप्सी के आगे टाइगर आ गया। अचानक टाइगर जिप्सियों की ओर बढ़ने लगा तो टूरिस्ट की सांसें थम गई। जिप्सियां पीछे लेनी पड़ी। बाघ करीब 15 मिनट तक टूरिस्ट के सामने टहलता रहा। दरअसल, सफारी के दौरान रणथंभौर के जोन नंबर 3 में जोगी महल चैन के नजदीक बाघ शुभ (RBT 2505) की साइटिंग हुई। इसे टूरिस्ट ने कैमरे में कैद कर लिया। पहले ही दिन हुई टाइगर की साइटिंग से रणथंभौर में सैलानियों में खासा उत्साह देखा जा रहा है। वहीं सैलानियों की आवक को देखते हुए यहां कुछ दिनों के लिए ऑनलाइन बुकिंग बंद कर दी गई है। अब देखिए बाघ की तस्वीरें… रिद्धी का बेटा है शुभ RBT-2505 को शुभ नाम दिया गया है। शुभ रणथम्भौर की मशहूर लेक क्वीन बाघिन रिद्धि (T-124) और बाघ गणेश (T-120) का बेटा है। शुभ जोगी महल चैन के पास पगडंडी पर टूरिस्ट की जिप्सी के सामने आ गया। जैसे ही बाघ आगे बढ़ा ड्राइवर को जिप्सी पीछे लेनी पड़ी। बता दें कि मानसून के चलते 3 महीने के लिए रणथंभौर के 1 से 5 नंबर जोन में पर्यटन बंद कर दिया जाता है। ऑनलाइन बुकिंग फुल; इंटरप्रिटेशन सेंटर बन रहाजानकारी के अनुसार, यहां आगामी कुछ दिनों के लिए भी रणथंभौर की ऑनलाइन बुकिंग फुल हो गई है। बता दें कि रणथंभौर टाइगर रिजर्व आने वाले पर्यटकों को नई सुविधाओं के साथ कई बदलाव भी देखने को मिलेंगे। गणेश धाम गेट पर वर्ल्ड क्लास इंटरप्रिटेशन सेंटर विकसित किया जा रहा है। इसमें जोन एक से पांच तक जाने वाले पर्यटकों के लिए कॉमन बोर्डिंग प्लेस, वेटिंग एरिया और पार्किंग सहित कई सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी। वहीं, पर्यटन नियमों का उल्लंघन करने वाले गाइड और ड्राइवरों पर भी वन विभाग सख्ती करेगा। रणथंभौर टाइगर रिजर्व के सीसीएफ शारदा प्रताप सिंह ने बताया- नए पर्यटन सीजन को लेकर सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। रणथंभौर के सभी पर्यटन जोन के रास्तों को भी दुरुस्त कर दिया गया है, ताकि पर्यटकों को सफारी के दौरान परेशानी नहीं हो। रणथंभौर के टाइगर से जुड़ी ये खबरें भी पढ़ें… जिस बाघ को वनकर्मी ढूंढ रहे थे, उसकी बॉडी मिली:डेढ़ महीने से लापता था, टेरिटोरियल फाइट का अंदेशा टाइगर ने 2 घंटे तक रोका पर्यटकों का रास्ता,VIDEO:त्रिनेत्र गणेश मंदिर के रास्ते पर बैठा रहा बाघ; टूरिस्ट की जिप्सी-कैंटर की लगी कतार जंगल से निकलकर सड़क पर आया बाघिन सुल्ताना का बेटा:मंदिर मार्ग पर चहल-कदमी की; पास से कार गुजरी तो घूरकर देखा
डूंगरपुर शहर के लक्ष्मण मैदान में 70वीं राज्य स्तरीय माध्यमिक एवं उच्च माध्यमिक 17 वर्षीय छात्रा हॉकी खेलकूद प्रतियोगिता शुरू हो गई है। राजकीय देवेंद्र बालिका उच्च माध्यमिक स्कूल की मेजबानी में हो रही प्रतियोगिता में प्रदेश के 38 जिलों की 38 टीमें हिस्सा ले रही हैं। प्रतियोगिता के मुकाबले 7 अक्टूबर तक चलेंगे। ध्वजारोहण के साथ प्रतियोगिता का आगाज प्रतियोगिता का उद्घाटन स्वच्छता के प्रदेश ब्रांड एम्बेसेडर के.के. गुप्ता ने किया। इस दौरान भाजपा जिलाध्यक्ष अशोक पटेल और नगर परिषद के उपसभापति अनिल पटेल भी मौजूद रहे। अतिथियों ने ध्वजारोहण किया और खिलाड़ियों से परिचय प्राप्त कर प्रतियोगिता की शुरुआत की। तीन हॉकी कोर्ट पर होंगे मुकाबले मेजबान स्कूल की प्रिंसिपल एवं संयुक्त संचालन सचिव शिल्पा मीणा ने बताया कि प्रतियोगिता के मैचों के लिए शहर में तीन हॉकी कोर्ट तैयार किए गए हैं। इनमें दो कोर्ट लक्ष्मण मैदान में हैं, जबकि एक कोर्ट स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स में बनाया गया है। 7 अक्टूबर तक मैदान में दिखेगा हॉकी का रोमांच प्रदेश के अलग-अलग जिलों से पहुंची छात्रा हॉकी टीमें प्रतियोगिता में अपनी खेल प्रतिभा का प्रदर्शन करेंगी। तीन कोर्ट पर मुकाबले होने से आने वाले दिनों में लक्ष्मण मैदान और स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स में हॉकी का रोमांच देखने को मिलेगा।
फतेहपुर में जलभराव से 300 बीघा धान की फसल डूबी:ग्रामीणों ने नाला सफाई के लिए डीएम को ज्ञापन सौंपा
फतेहपुर जिले के विकासखंड भिटौरा और हुसैनगंज थाना क्षेत्र के ग्राम ऊंचाबेरा, खालीबेरा और बेरागढ़ीवा के ग्रामीण गंभीर जलभराव की समस्या से जूझ रहे हैं। खेतों में पानी भर जाने के कारण किसानों की करीब 200 से 300 बीघा धान की फसल पूरी तरह जलमग्न हो गई है। फसलों के नुकसान से परेशान ग्रामीण गुरुवार दोपहर 12 बजे कलेक्ट्रेट पहुंचे और जिलाधिकारी के नाम प्रार्थना पत्र देकर बंद पड़े नाले की तत्काल सफाई कराने की मांग की। ग्रामीणों ने प्रार्थना पत्र में बताया कि ऊंचाबेरा, खालीबेरा और बेरागढ़ीवा गांवों के खेतों में लंबे समय से पानी भरा हुआ है। करीब 200 से 300 बीघा धान की फसल जलमग्न हो चुकी है। किसानों के मुताबिक खेतों से समय रहते पानी नहीं निकला तो धान की फसल पूरी तरह बर्बाद हो जाएगी। इसके साथ ही आने वाली गेहूं की फसल की बुवाई भी प्रभावित होने का खतरा है। अतिक्रमण के कारण बंद हुआ लखनऊ रोड का नाला ग्रामीणों का कहना है कि लखनऊ रोड पर पहले जल निकासी के लिए नाला बना हुआ था। आरोप है कि वर्तमान में अतिक्रमण के कारण नाला पूरी तरह बंद हो गया है। नाला बंद होने से खेतों में जमा पानी की निकासी नहीं हो पा रही है। इसके चलते तीनों गांवों के आसपास बाढ़ जैसे हालात बन गए हैं और खेतों में पानी लगातार जमा है। फसल बर्बाद होने से जीवन-यापन का संकट जलभराव और फसलों के नुकसान से करीब तीन गांवों के लोगों के सामने जीवन-यापन का संकट खड़ा हो गया है। ग्रामीणों ने प्रार्थना पत्र में अपनी परेशानी बताते हुए कहा कि यदि फसल बर्बाद हो गई तो परिवारों के सामने भुखमरी की स्थिति आ सकती है। ऐसे हालात में बच्चों की पढ़ाई और बुजुर्गों के दवा-इलाज का खर्च उठाना भी मुश्किल हो जाएगा। नाला अतिक्रमण मुक्त कर सफाई कराने की मांग ग्रामीणों ने जिलाधिकारी से मांग की है कि लखनऊ रोड स्थित बंद पड़े नाले को तत्काल अतिक्रमण मुक्त कराकर उसकी सफाई कराई जाए, ताकि खेतों में जमा पानी की निकासी हो सके और किसानों को और अधिक नुकसान से बचाया जा सके। ज्ञापन सौंपने वालों में देशराज मौर्य, श्रीराम, सर्वेश कुमार, नरेंद्र, अभिषेक, मनोज कुमार सिंह, सुरेश कुमार, भानु प्रकाश, दिनेश, रामगुलाम, जगदीश, अजय कुमार, संतु लाल, चंद्रदेव, धनंजय सिंह मौर्य समेत अनेक ग्रामीण शामिल रहे।
झालावाड़ जिले की खानपुर कृषि उपज मंडी समिति में हम्मालों ने मजदूरी दर बढ़ाने सहित अपनी विभिन्न मांगों को लेकर हड़ताल शुरू कर दी है। इससे मंडी का कामकाज ठप हो गया है।हम्मालों ने गुरुवार को मंडी परिसर में धरना देकर अपनी मांगों के समाधान की मांग की। उनकी प्रमुख मांगों में मजदूरी दर में बढ़ोतरी, किसान कलेवा योजना शुरू करना, नए लाइसेंस जारी करना और मंडी परिसर में मीठे पानी की व्यवस्था करना शामिल है। हम्मालों का कहना है कि लंबे समय से उनकी समस्याएं बनी हुई हैं, जिन पर ध्यान नहीं दिया जा रहा। मजदूरी नहीं बढ़ने से बढ़ती महंगाई में परिवार चलाना मुश्किल हो रहा है।शोभाराम गुर्जर के नेतृत्व में चल रहे धरने में हम्मालों ने कहा कि जब तक उनकी मांगों पर सकारात्मक कार्रवाई नहीं होती, हड़ताल जारी रहेगी। उन्होंने मंडी प्रशासन से जल्द समाधान की मांग की है।
प्रयागराज में शहर की सड़कों के डिवाइडर पर बनी ग्रीन बेल्ट को हरा-भरा बनाए रखने के लिए अब बैंक आगे आएंगे। प्रयागराज विकास प्राधिकरण (PDA) ने सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों से इन हरित पट्टियों को गोद लेने की अपील की है। बैंक अपने CSR फंड से पौधों की देखभाल, पानी देने और रखरखाव का खर्च उठा सकेंगे। दरअसल, कुंभ से पहले शहर की प्रमुख सड़कों का विकास कर डिवाइडरों पर पौधे लगाकर ग्रीन बेल्ट तैयार की गई थी। अब इनके रखरखाव की पांच साल की निर्धारित अवधि पूरी होने वाली है। ऐसे में PDA ने बैंकों से सहयोग मांगा है। प्राधिकरण का मानना है कि इससे शहर की हरियाली सुरक्षित रखने के साथ रखरखाव का जिम्मा भी बांटा जा सकेगा। महात्मा गांधी मार्ग से एयरपोर्ट रोड तक बनी है ग्रीन बेल्ट कुंभ से पहले शहर की कई प्रमुख सड़कों का विकास कराया गया था। इसके तहत महात्मा गांधी मार्ग, सरदार पटेल मार्ग और एयरपोर्ट रोड समेत कई रास्तों के बीच डिवाइडर बनाए गए। इन पर पौधे लगाकर हरित पट्टी विकसित की गई। इन ग्रीन बेल्ट से शहर की सुंदरता बढ़ने के साथ पर्यावरण संरक्षण में भी मदद मिल रही है। पौधों को हरा-भरा रखने के लिए नियमित देखभाल जरूरी है। पांच साल की अवधि पूरी होने पर बढ़ी चिंता ग्रीन बेल्ट के रखरखाव की जिम्मेदारी PDA की ओर से पांच साल के लिए तय की गई थी। अब यह अवधि पूरी होने की ओर है। इसके बाद पौधों की देखभाल कैसे होगी, इसे लेकर प्राधिकरण ने विकल्प तलाशना शुरू कर दिया है। पौधों को नियमित पानी देने, उनकी कटाई-छंटाई करने और सूख चुके पौधों की जगह नए पौधे लगाने की जरूरत होती है। ऐसे में लंबे समय तक देखभाल की व्यवस्था करना जरूरी है। बैंकों के अधिकारियों के साथ हुई बैठक PDA ने सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों के अधिकारियों से संपर्क कर उन्हें CSR फंड के जरिए ग्रीन बेल्ट की जिम्मेदारी लेने का प्रस्ताव दिया है। इस योजना के तहत बैंक किसी सड़क या उसके हिस्से की हरित पट्टी को गोद लेकर उसके रखरखाव में सहयोग कर सकते हैं। PDA सचिव विनीत कुमार सिंह के मुताबिक, इस संबंध में बैंकों के अधिकारियों के साथ बैठक की गई थी। इसमें कई बैंकों ने ग्रीन बेल्ट को गोद लेकर उसकी देखभाल करने पर सहमति जताई है। आने वाले दिनों में इस पहल के तहत शहर के प्रमुख मार्गों की हरित पट्टियों के रखरखाव की जिम्मेदारी बैंकों को सौंपी जा सकती है।
पीलीभीत में भारतीय किसान यूनियन (टिकैत) ने गुरुवार दोपहर 12 बजे कलेक्ट्रेट में डीएम कार्यालय के बाहर अनिश्चितकालीन धरना शुरू कर दिया है। यह धरना धान की सरकारी खरीद शुरू न होने और बेमौसम बारिश से बर्बाद फसलों के मुआवजे की मांग को लेकर है। भाकियू जिलाध्यक्ष गुरदीप सिंह गोगी के नेतृत्व में बड़ी संख्या में किसान धरने पर बैठे हैं। उन्होंने बताया कि 1 अक्टूबर से धान खरीद शुरू हो जाती है, लेकिन इस बार न तो पंजीकरण हुए हैं और न ही क्रय केंद्र खुले हैं। किसान अपनी तैयार फसल बेचने के लिए परेशान हैं। किसानों ने मुख्यमंत्री को 9 सूत्रीय ज्ञापन भी दिया है। इसमें राइस मिलरों द्वारा कम दाम पर धान खरीदने, गन्ना किसानों का बकाया भुगतान, फसल बीमा मुआवजा और आवारा पशुओं से निजात दिलाने की मांग शामिल है। इसके अलावा, जिला अस्पताल में बाहर की दवाइयों पर रोक, आवास धांधली की जांच और बिजली कटौती रोकने की भी मांग की गई है। किसानों ने चेतावनी दी है कि मांगें पूरी न होने तक धरना जारी रहेगा।
धौलपुर सदर थाना पुलिस ने नहर निर्माण कार्य से बिजली सप्लाई के लिए लगी कॉपर केबल चोरी का मामला 12 घंटे में सुलझा लिया है। पुलिस ने एक आरोपी को पकड़ा और चोरी की केबल भी बरामद कर ली। बाकी आरोपियों की तलाश जारी है। प्रेमप्रकाश ने 30 सितंबर को शिकायत दर्ज कराई थी। उन्होंने बताया कि उनकी कंपनी धौलपुर में नहर बना रही है। डोंगरपुर गांव के पंप हाउस डिग्गी नंबर-52 पर 180 मीटर 12 कोर कॉपर केबल लगी थी, जिसमें से करीब 120 मीटर केबल चोर चुरा ले गए। इसकी कीमत करीब 40 हजार रुपए थी।एसपी विकास सांगवान के निर्देश पर पुलिस टीम ने जांच शुरू की। तकनीकी सबूतों के आधार पर पंकज लोधा (20) निवासी मरैना को गिरफ्तार किया गया। उसकी निशानदेही पर चोरी की केबल मिली। पुलिस अब उसके अन्य साथियों के बारे में पूछताछ कर रही है।
समाजवादी पार्टी पिछड़ा वर्ग प्रकोष्ठ के प्रदेश अध्यक्ष एवं पूर्व एमएलसी राजपाल कश्यप गुरुवार को अंबाला रोड स्थित सपा कार्यालय पहुंचे। यहां उन्होंने भाजपा सरकार और उसके सहयोगी दलों के नेताओं पर जमकर हमला बोला। राजपाल कश्यप ने कहा कि भाजपा सरकार में पिछड़े, दलित, किसान, नौजवान और अल्पसंख्यक सभी परेशान हैं। उन्होंने भाजपा सरकार पर भ्रष्टाचार, बेरोजगारी, पेपर लीक, आरक्षण में कटौती और कानून-व्यवस्था को लेकर गंभीर आरोप लगाए। राजपाल कश्यप ने प्रदेश सरकार में मंत्री अनिल राजभर, संजय निषाद और अनुप्रिया पटेल का नाम लेते हुए कहा कि ये नेता अपने-अपने समाज के लिए आरक्षण का मुद्दा हल नहीं करा पाए। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा ने इन नेताओं को केवल समाजवादी पार्टी और अखिलेश यादव के खिलाफ बयानबाजी करने के लिए रखा है। उन्होंने कहा, “ये ठेके पर गाली देने वाले मंत्री हैं। जिस दिन ये गाली नहीं देंगे, उसी दिन इनका मंत्रालय चला जाएगा।” मंत्री हैं तो अपने समाज को आरक्षण दिलाएं राजपाल कश्यप ने कहा कि अनिल राजभर राजभर समाज से आते हैं। अगर उन्हें अपने समाज की चिंता है तो उन्हें राजभर समाज को आरक्षण दिलाने के लिए काम करना चाहिए। उन्होंने दावा किया कि समाजवादी पार्टी की सरकार में अखिलेश यादव ने कश्यप, निषाद, बिंद, धीमर, मल्लाह, कहार, माझी, मझवार, तुरहा, भर, राजभर और प्रजापति समेत 17 जातियों को अनुसूचित जाति की सूची में शामिल करने की प्रक्रिया आगे बढ़ाई थी। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार ने इस व्यवस्था को आगे नहीं बढ़ाया। राजपाल कश्यप ने कहा कि अगर भाजपा के मंत्री अपने समाज के लिए आरक्षण नहीं दिला पा रहे हैं तो उन्हें इस मुद्दे पर जनता को जवाब देना चाहिए। अखिलेश के काम की वजह से 2024 में जनता साथ आई पूर्व एमएलसी ने कहा कि 2024 के लोकसभा चुनाव में सपा के प्रदर्शन के पीछे अखिलेश यादव का संगठन, पीडीए और जनता का भरोसा था। उन्होंने कहा कि अखिलेश यादव की सरकार में 100 नंबर, 1090 और 108 जैसी सेवाएं शुरू की गईं। सड़क, पुल, स्कूल, विश्वविद्यालय, मेट्रो, महिला और गर्भवती महिलाओं के लिए एंबुलेंस तथा पशुओं के लिए एंबुलेंस जैसी योजनाएं शुरू करने का दावा भी किया। उन्होंने कहा कि लखनऊ में एचसीएल और नोएडा में सैमसंग जैसी कंपनियों के आने के साथ ही मेट्रो का विस्तार किया गया। लैपटॉप वितरण और कन्या विद्याधन जैसी योजनाओं का भी उन्होंने उल्लेख किया। सीटों की नहीं, भाजपा को हटाने की लड़ाई 2027 के विधानसभा चुनाव में सीट बंटवारे को लेकर राजपाल कश्यप ने कहा कि इसका फैसला अखिलेश यादव करेंगे। उन्होंने कहा कि चुनाव में मुद्दा किसी एक व्यक्ति को टिकट मिलने या न मिलने का नहीं, बल्कि भाजपा को हटाने का है। उन्होंने कहा कि अगर उनकी सीट छोड़ने से भी भाजपा हटती है तो वह सीट छोड़ने के लिए तैयार हैं। सपा नेता ने सपा-कांग्रेस गठबंधन को लेकर कहा कि गठबंधन को लेकर अंतिम फैसला पार्टी नेतृत्व करेगा। उन्होंने दावा किया कि अखिलेश यादव ने हमेशा गठबंधन धर्म निभाया है और उनका गठबंधन जिन दलों के साथ था, उनके साथ आगे भी रहेगा। भाजपा के दफ्तर में भ्रष्टाचार और अपराधी मिलेंगे राजपाल कश्यप ने भाजपा पर भ्रष्टाचार को लेकर भी गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि प्रदेश में थाने, चौकी, तहसील और जिला स्तर तक बिना पैसे के काम नहीं होने की शिकायतें सामने आती हैं। उन्होंने एक्सप्रेसवे, एयरपोर्ट, संसद भवन और पानी की टंकियों से जुड़े मामलों का जिक्र करते हुए सरकार पर निर्माण कार्यों की गुणवत्ता को लेकर सवाल उठाए। उन्होंने आरोप लगाया कि उत्तर प्रदेश में भ्रष्टाचार चरम पर है और सरकार की आलोचना करने वालों पर कार्रवाई की जाती है। इसे उन्होंने प्रदेश में “अघोषित इमरजेंसी” जैसा बताया। कानून-व्यवस्था पर भी सरकार को घेरा राजपाल कश्यप ने कहा कि सरकार अपराधियों के प्रदेश से बाहर चले जाने या ऊपर चले जाने की बात करती है, लेकिन प्रदेश में लगातार हत्याएं हो रही हैं। उन्होंने पश्चिमी उत्तर प्रदेश में कश्यप समाज के लोगों की हत्या के मामलों का जिक्र किया। उन्होंने मुजफ्फरनगर के खड़ग गांव में जयसिंह कश्यप की हत्या का भी उल्लेख किया। राजपाल कश्यप के मुताबिक, वह पार्टी नेताओं के प्रतिनिधिमंडल के साथ पीड़ित परिवार से मिलने जा रहे थे, लेकिन पुलिस ने उन्हें रास्ते में रोक दिया। उन्होंने कहा कि बाद में उन्हें धरने पर बैठना पड़ा। परीक्षा लीक, बेरोजगारी और आरक्षण बड़ा मुद्दा राजपाल कश्यप ने पेपर लीक और सरकारी भर्तियों में आरक्षण को लेकर भी सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि प्रदेश में परीक्षाओं के पेपर लीक होने से नौजवान परेशान हैं। उन्होंने दावा किया कि भर्ती और आरक्षण से जुड़े मामलों का पूरा आंकड़ा समाजवादी पार्टी ने बुकलेट के माध्यम से जनता के सामने रखा है। उन्होंने कहा कि पढ़े-लिखे युवाओं को आउटसोर्स और संविदा की नौकरियों तक सीमित किया जा रहा है। चार साल की अग्निवीर योजना का भी उन्होंने विरोध किया। उनका कहना था कि युवाओं को स्थायी रोजगार और पर्याप्त अवसर मिलने चाहिए। ई-रिक्शा इतनी अच्छी नौकरी है तो मंत्री भी चलाएं राजपाल कश्यप ने स्वास्थ्य मंत्री के ई-रिक्शा चलाने को रोजगार के रूप में देखने वाले बयान पर भी तंज कसा। उन्होंने कहा कि यदि ई-रिक्शा चलाना इतनी अच्छी नौकरी है तो मंत्री और उनके परिवार के लोग भी इसे अपनाएं। उन्होंने कहा कि पढ़ाई पर परिवार हजारों रुपए खर्च करता है, लेकिन पढ़े-लिखे युवाओं को कम वेतन वाली नौकरियों के लिए मजबूर होना पड़ रहा है। गन्ना भुगतान और किसानों का मुद्दा उठाया उन्होंने किसानों के गन्ना भुगतान का मुद्दा भी उठाया। कहा कि सरकार ने 14 दिन में भुगतान का वादा किया था, लेकिन किसानों का बकाया अभी भी बाकी है। राजपाल कश्यप ने कहा कि अखिलेश यादव ने सत्ता में आने पर 24 घंटे में गन्ने का भुगतान कराने और किसानों को लाभकारी मूल्य देने की बात कही है। पश्चिमी यूपी से शुरू होगा भाजपा का सफाया राजपाल कश्यप ने कहा कि सपा की पीडीए जनपंचायतें पूरे प्रदेश में आयोजित की जा रही हैं। इसी क्रम में वह सहारनपुर पहुंचे हैं। इसके बाद शामली, मुजफ्फरनगर समेत अन्य जिलों में भी कार्यक्रम होंगे। उन्होंने दावा किया कि पश्चिमी उत्तर प्रदेश से भाजपा के खिलाफ माहौल बनेगा और 2027 में सपा की सरकार बनेगी। उन्होंने कहा कि छात्र, नौजवान, किसान, पिछड़े, दलित, अल्पसंख्यक और महिलाएं भाजपा सरकार से परेशान हैं। उन्होंने महंगाई, बेरोजगारी और स्वास्थ्य सेवाओं को लेकर भी सरकार पर सवाल उठाए। निर्वाचन आयोग पर भी भरोसा नहीं बचा राजपाल कश्यप ने निर्वाचन आयोग को लेकर भी गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि अखिलेश यादव पहले भी चुनाव से जुड़े आंकड़े और दस्तावेज आयोग के सामने रख चुके हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि लोकतंत्र की संस्थाओं को कमजोर किया जा रहा है और देश की संपत्तियों को बेचा जा रहा है। उन्होंने सरकारी स्कूल बंद होने, शराब के ठेके बढ़ने और आरक्षण के मुद्दे पर भी भाजपा सरकार को घेरा। उनका कहना था कि सपा संविधान और आरक्षण की रक्षा की लड़ाई लड़ रही है। पुलिस कार्रवाई में जाति देखकर भेदभाव राजपाल कश्यप ने आरोप लगाया कि प्रदेश में पुलिस कार्रवाई में जाति और धर्म देखकर भेदभाव किया जाता है। उन्होंने कहा कि पीडीए समाज के लोगों की हत्या के मामलों में सरकार की कार्रवाई पर सवाल उठते हैं। उन्होंने मुजफ्फरनगर के एक मामले का उदाहरण देते हुए कहा कि पीड़ित परिवार से मिलने जा रहे प्रतिनिधिमंडल को रोक दिया गया। उन्होंने लखनऊ में विनोद साहनी की हत्या का भी जिक्र किया। राजपाल कश्यप के मुताबिक, इस मामले में कार्रवाई के लिए दबाव बनाना पड़ा और बाद में एफआईआर, गिरफ्तारी तथा पोस्टमार्टम की कार्रवाई हुई। ‘2027 में पीडीए के साथ जनता’ अंत में राजपाल कश्यप ने कहा कि सपा का पीडीए गठबंधन मजबूत है और जनता का भरोसा अखिलेश यादव के साथ है। उन्होंने दावा किया कि 2027 के विधानसभा चुनाव में भाजपा को जनता जवाब देगी। साथ ही कहा कि चुनाव केवल सीटों का नहीं, बल्कि संविधान, आरक्षण, रोजगार, भाईचारे और सामाजिक न्याय का मुद्दा होगा।
बिलासपुर जिले के चकरभाठा थाना क्षेत्र के ग्राम मगरउछला डिपरापारा स्थित एनीकट में मंगलवार सुबह बड़ा हादसा हो गया। जमीन का खाता सुधरवाने के लिए छोटे भाई के साथ तहसील जा रहे 60 वर्षीय किसान तिजराम कैवर्त का अरपा नदी के तेज बहाव में पैर फिसलने के बाद वह बह गया। बड़े भाई को डूबता देख छोटे भाई बबलू कैवर्त ने नदी में छलांग लगाकर उसे बचाने की कोशिश की और कुछ देर तक उसका हाथ भी पकड़े रखा, लेकिन तेज बहाव में पकड़ छूट गई। दो दिन तक चले सर्च ऑपरेशन के बाद गुरुवार सुबह किसान का शव बरामद कर लिया गया। चकरभाठा टीआई भावेश शेंडे ने दोपहर में इसकी पुष्टि की। एनीकट पर जमी काई से फिसला पैर मगरउछला निवासी तिजराम कैवर्त मंगलवार सुबह करीब 9:30 बजे छोटे भाई बबलू के साथ जमीन संबंधी दस्तावेज दुरुस्त कराने तहसील जाने के लिए निकला था। नदी के दूसरी ओर जाने के लिए दोनों डिपरापारा स्थित एनीकट के रास्ते से गुजर रहे थे। इसी दौरान एनीकट पर जमी काई के कारण तिजराम का पैर फिसल गया और वह सीधे उफनती अरपा नदी में जा गिरा। भाई ने नदी में छलांग लगाकर हाथ पकड़ा, लेकिन छूट गया प्रत्यक्षदर्शी छोटे भाई बबलू कैवर्त ने बताया कि भाई को पानी में गिरते देख उसने तुरंत नदी में छलांग लगा दी। तैरकर उसने तिजराम का हाथ पकड़ लिया और उसे बाहर खींचने की कोशिश की, लेकिन तेज बहाव और लहरों के दबाव में हाथ छूट गया। इसके बाद तिजराम पलक झपकते ही गहरे पानी में गायब हो गया। बबलू के नदी से बाहर आने के बाद ग्रामीणों और परिजनों को घटना की जानकारी दी गई। दो दिन तक चला सर्च ऑपरेशन, गुरुवार सुबह मिला शव घटना की सूचना मिलने के बाद पुलिस और रेस्क्यू टीम ने बोट के सहारे एनीकट के नीचे, जलकुंभी, झाड़ियों और गहरे पानी के संभावित भंवर वाले इलाकों में करीब 6 घंटे तक तलाश की। अंधेरा होने के कारण पहले दिन रेस्क्यू रोकना पड़ा। बुधवार को भी दिनभर किसान की तलाश जारी रही, लेकिन पानी के भीतर दृश्यता कम होने के कारण शाम को एसडीआरएफ की टीम को वापस लौटना पड़ा। गुरुवार सुबह नए सिरे से सर्च ऑपरेशन शुरू किया गया, जिसमें तिजराम का शव बरामद कर लिया गया। अरपा और एनीकट पर लगातार हो रहे हादसे अरपा नदी और उस पर बने एनीकट-स्टॉपडैम बरसात के दौरान हादसों के केंद्र बनते रहे हैं। स्थानीय स्तर पर उपलब्ध घटनाओं के मुताबिक पिछले दो साल में यहां 20 से ज्यादा लोगों की जान जाने की बात सामने आई है। जलस्तर बढ़ने और एनीकट पर काई जमने के बावजूद कई जगह सुरक्षा रेलिंग, चेतावनी बोर्ड या होमगार्ड की तैनाती नहीं होने से खतरा बढ़ जाता है। पहले भी हो चुके हैं हादसे बिलासपुर जिले के चकरभाठा अंतर्गत मगरउछला डिपरापारा स्थित अरपा एनीकट में बहे 60 वर्षीय किसान तिजराम कैवर्त का शव दो दिन बाद मिल गया है। मंगलवार सुबह वे अपने छोटे भाई बबलू कैवर्त के साथ जमीन के दस्तावेज ठीक कराने तहसील जा रहे थे, तभी एनीकट पर पैर फिसलने से नदी में बह गए थे। छोटे भाई बबलू ने उन्हें बचाने के लिए नदी में छलांग लगाई, लेकिन पानी का बहाव तेज होने से तिजराम हाथ से छूट गए और आंखों से ओझल हो गए। चकरभाठा टीआई भावेश शेंडे ने गुरुवार दोपहर शव मिलने की पुष्टि की। पुलिस और रेस्क्यू टीम ने मंगलवार को 6 घंटे तक तलाशी की, लेकिन अंधेरा होने से रोकना पड़ा। बुधवार को भी तलाश जारी रही। इस एनीकट पर लगातार हो रहे हादसों को लेकर सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल उठ रहे हैं। यहां सूचना बोर्ड तक नहीं है और स्थानीय लोगों का दावा है कि अब तक 20 से ज्यादा मौतें हो चुकी हैं।
बिजनौर में गुरुवार सुबह 11 बजे कलेक्ट्रेट से विशेष संचारी रोग नियंत्रण अभियान की शुरुआत हुई। जिलाधिकारी उमेश प्रताप सिंह ने जागरूकता प्रचार वाहन रैली को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। यह अभियान 1 अक्टूबर से 31 अक्टूबर तक जिले में चलाया जाएगा। इस दौरान लोगों को संचारी रोगों से बचाव, साफ-सफाई और स्वास्थ्य संबंधी सावधानियों के प्रति जागरूक किया जाएगा। अभियान के शुभारंभ के दौरान जिलाधिकारी ने सभी संबंधित विभागों को आपसी समन्वय के साथ काम करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि संचारी रोगों की रोकथाम के लिए स्वास्थ्य विभाग के साथ अन्य विभागों की भी महत्वपूर्ण भूमिका है। इस मौके पर डीएम ने मौजूद अधिकारियों, कर्मचारियों और अन्य लोगों को संचारी रोगों से बचाव और साफ-सफाई की शपथ भी दिलाई। 12 से 31 अक्टूबर तक चलेगा घर-घर दस्तक अभियान अभियान के तहत 12 अक्टूबर से 31 अक्टूबर तक घर-घर दस्तक अभियान चलाया जाएगा। स्वास्थ्य विभाग की टीमें लोगों के घरों तक पहुंचकर संचारी रोगों से बचाव के उपायों की जानकारी देंगी। लोगों को आसपास साफ-सफाई रखने और बीमारियों से बचाव के लिए जरूरी सावधानियां बरतने के प्रति जागरूक किया जाएगा। कलेक्ट्रेट से निकली रैली, सीएमओ कार्यालय पर हुआ समापन जागरूकता प्रचार वाहन रैली कलेक्ट्रेट से रवाना होकर नुमाइश ग्राउंड, जजी चौक समेत शहर के प्रमुख मार्गों से गुजरी। रैली का समापन मुख्य चिकित्सा अधिकारी कार्यालय पर हुआ। इस दौरान स्वास्थ्य विभाग के कर्मचारी, डॉक्टर, नोडल अधिकारी और बड़ी संख्या में आंगनबाड़ी कार्यकर्ता मौजूद रहे। जानकारी के लिए टोल फ्री नंबर जारी विशेष संचारी रोग नियंत्रण अभियान से जुड़ी जानकारी और सहायता के लिए टोल फ्री नंबर 1800-180-5145 जारी किया गया है। अभियान के दौरान लोगों को संचारी रोगों से बचाव और स्वच्छता के प्रति जागरूक करने के साथ विभागीय स्तर पर आवश्यक गतिविधियां भी संचालित की जाएंगी।
सिद्धार्थनगर के खेसरहा थाना क्षेत्र के एक गांव में घर में घुसकर महिला के साथ अश्लील हरकत करने और छेड़छाड़ का मामला सामने आया है। आरोप है कि युवक ने महिला की साड़ी खींचकर उसे पकड़ लिया और उसके साथ अश्लील हरकत की। महिला ने विरोध करते हुए खुद को छुड़ाने की कोशिश की तो आरोपी ने उसके साथ अभद्रता की और जान से मारने की धमकी दी। मामले में घटना के 52 दिन बाद आरोपी के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है। शिकायत के अनुसार, घटना 8 अगस्त की शाम करीब 6 बजे की है। महिला उस समय घर पर अकेली थी। आरोप है कि कृष्ण मोहन यादव उर्फ भोलू घर में आया और महिला के साथ अश्लील हरकत करने लगा। आरोपी ने उसकी साड़ी खींचकर उसे पकड़ लिया। महिला ने इसका विरोध किया और खुद को छुड़ाने का प्रयास किया तो आरोपी ने उसके सीने पर हाथ रख दिया और दबाने लगा। महिला के मुताबिक, उसने किसी तरह आरोपी की हरकत का विरोध करते हुए शोर मचाया। गाली-गलौज करते हुए धमकी दी शोर सुनकर लोगों के आने की जानकारी होने पर आरोपी ने कथित तौर पर महिला को गाली-गलौज करते हुए धमकी दी। आरोप है कि उसने कहा कि यदि उसने घटना के बारे में किसी को बताया तो उसे जान से मार देगा। धमकी से महिला डर गई और तत्काल घटना शिकायत उसे समय पुलिस से नहीं की। बाद में उसने पुलिस से शिकायत कर कार्रवाई की मांग की। महिला की शिकायत पर खेसरहा पुलिस ने कृष्ण मोहन यादव उर्फ भोलू के खिलाफ महिला से छेड़छाड़, अश्लील हरकत, अभद्रता और धमकी देने के आरोप में मुकदमा दर्ज किया है। मामले की जांच उपनिरीक्षक अंगद कुमार प्रेमी को सौंपी गई है।
उन्नाव में सई नदी का जलस्तर बढ़ा, VIDEO:हजारों बीघे धान की फसल डूबी, घरों-दुकानों में घुसा पानी
उन्नाव में लगातार बारिश के बाद सई नदी का जलस्तर बढ़ने से जिले के कई गांवों में बाढ़ के हालात बन गए हैं। नदी के उफान पर आने से आदमपुर बरेठी, मोहान, रसूलपुर बकिया, अहमदपुर टकटोली और बिचपरी समेत आसपास के गांवों में पानी घुस गया है। खेतों में पानी भरने से हजारों बीघे धान की फसल डूब गई है। पकने को तैयार धान की फसल के पानी में डूबने से किसानों की चिंता बढ़ गई है। गुरुवार को सई नदी का जलस्तर लगातार बढ़ने के कारण गांवों को जोड़ने वाले रास्तों पर भी पानी भर गया है। इससे ग्रामीणों का आवागमन प्रभावित हो रहा है। कई स्थानों पर ग्रामीणों को पानी से होकर ही आने-जाने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है। बाढ़ का पानी अब खेतों से निकलकर गांवों की आबादी तक पहुंच गया है। कई घरों और दुकानों में भी पानी घुसने की सूचना है। फसल को नुकसान का डर ग्रामीणों के मुताबिक, पानी भरने से दुकानों में रखा सामान भी खराब हो गया है। खेतों में धान के साथ मूंग और उड़द की फसल भी पानी में डूब गई है। किसानों का कहना है कि धान की फसल इस समय पकने की स्थिति में थी। ऐसे में लंबे समय तक खेतों में पानी भरा रहा तो फसल के सड़ने और उत्पादन प्रभावित होने की आशंका है। इससे किसानों को बड़ा आर्थिक नुकसान उठाना पड़ सकता है। रसूलपुर बकिया और आसपास के इलाकों में स्थिति ज्यादा खराब बताई जा रही है। गांवों को मुख्य मार्ग से जोड़ने वाले रास्तों पर पानी भरने से लोगों को जरूरी काम के लिए निकलने में परेशानी हो रही है। ग्रामीणों का कहना है कि यदि नदी का जलस्तर इसी तरह बढ़ता रहा तो बाढ़ का पानी और आबादी वाले क्षेत्रों में पहुंच सकता है। लोग प्रशासन से प्रभावित गांवों में राहत और बचाव की व्यवस्था कराने, जलभराव वाले रास्तों पर आवागमन की सुविधा उपलब्ध कराने और फसलों के नुकसान का सर्वे कराकर मुआवजा दिलाने की मांग कर रहे हैं। ड्रोन कैमरे से लिए गए वीडियो में खेतों में भरा बाढ़ का पानी और डूबी हुई फसलों का नजारा साफ दिखाई दे रहा है।
सहारनपुर में महिला थाना पुलिस ने दहेज उत्पीड़न के मामले में विवाहिता की तहरीर पर पति समेत पांच लोगों के खिलाफ गुरुवार सुबह आठ बजे मुकदमा दर्ज किया है। विवाहिता ने ससुराल पक्ष पर दहेज में ब्रेजा कार की मांग को लेकर मारपीट और मानसिक उत्पीड़न करने का आरोप लगाया है। वहीं, ननदोई पर अकेले में छेड़छाड़ और गलत काम करने के प्रयास का आरोप भी लगाया है। पुलिस ने केस दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है। गागलहेड़ी क्षेत्र के सुनेहटी खड़खड़ी निवासी ऋतु देवी ने पुलिस को दी तहरीर में बताया कि उसकी शादी 7 मई 2019 को देवबंद क्षेत्र के बिलासपुर निवासी मनदीप कुमार के साथ हुई थी। शादी में मायके वालों ने अपनी हैसियत से अधिक खर्च कर घरेलू सामान, फर्नीचर, सोने-चांदी के जेवरात और स्प्लेंडर प्लस बाइक समेत काफी सामान दिया था। आरोप है कि शादी के बाद ससुराल वाले ताना देने लगे कि उनका इकलौता बेटा है और उन्हें दहेज में ब्रेजा कार मिलने की उम्मीद थी। ऋतु का आरोप है कि कार की मांग पूरी न होने पर उसके साथ गाली-गलौज और मारपीट की जाती थी। मायके वालों को जानकारी होने पर उन्होंने ससुराल पक्ष को समझाया,लेकिन कुछ समय बाद फिर उत्पीड़न शुरू हो गया। महिला के दो बच्चे हैं। आरोप है कि बच्चों के जन्म के दौरान भी मायके से सामान दिए जाने के बावजूद ससुराल वालों के व्यवहार में बदलाव नहीं आया। तहरीर में ऋतु ने ननद रेनू के पति मयंक पर भी गंभीर आरोप लगाए हैं। उसका कहना है कि मयंक उस पर गलत नजर रखता था और अकेला पाकर छेड़छाड़ करता था। एक-दो बार कमरे में आकर पकड़कर गलत काम करने का प्रयास भी किया। शिकायत करने पर पति और सास ने उल्टा यह कहकर बात टाल दी कि ननदोई के साथ हंसी-मजाक चलता रहता है। 6 जनवरी 2022 को दहेज की मांग को लेकर मारपीट कर महिला को घर से निकाल दिया गया था। खेड़ा मुगल चौकी पर शिकायत के बाद पंचायत हुई।आरोप है कि मायके वालों ने डेढ़ लाख रुपये देकर ससुराल पक्ष को दिए और लिखित सुलहनामे के बाद उसे वापस भेजा गया।
जयपुर से दुबई जाने वाली स्पाइसजेट की इंटरनेशनल फ्लाइट 5 घंटे देरी से संचालित होने की संभावना है। फ्लाइट संख्या SG-5157 गुरुवार को जयपुर एयरपोर्ट से आज दोपहर 1 बजकर 30 मिनट पर रवाना होने की संभावना है। सामान्य दिनों में यह फ्लाइट जयपुर से सुबह 7 बजकर 55 मिनट पर दुबई के लिए रवाना होती है। इससे पहले बुधवार को भी यह फ्लाइट निर्धारित समय से करीब 10 घंटे की देरी से संचालित हुई थी। लगातार दूसरे दिन फ्लाइट में देरी के कारण दुबई जाने वाले यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। यात्रियों को एयरपोर्ट पर लंबे समय तक इंतजार करना पड़ रहा है, जिससे उनकी आगे की यात्रा की योजनाएं भी प्रभावित हो रही हैं। एयर इंडिया एक्सप्रेस की मुंबई फ्लाइट कैंसिल वहीं, जयपुर से मुंबई के बीच संचालित होने वाली एयर इंडिया एक्सप्रेस की फ्लाइट भी गुरुवार को कैंसिल रही। फ्लाइट संख्या IX - 1280 और फ्लाइट IX - 1247 का संचालन संबंधी कारणों के चलते दोनों तरफ से कैंसिल किया गया है। निर्धारित शेड्यूल के अनुसार, मुंबई से फ्लाइट सुबह 8:05 बजे जयपुर पहुंचती है और जयपुर से सुबह 8:35 बजे मुंबई के लिए रवाना होती है। फ्लाइट कैंसिल होने से जयपुर से मुंबई जाने वाले और मुंबई से जयपुर आने वाले यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ा। यात्रियों को अब अपनी यात्रा के लिए वैकल्पिक उड़ानों की व्यवस्था करनी पड़ सकती है। स्पाइसजेट की दुबई फ्लाइट में लगातार दूसरे दिन देरी और एयर इंडिया एक्सप्रेस की मुंबई फ्लाइट कैंसिल होने से जयपुर एयरपोर्ट पर यात्रियों की यात्रा योजनाएं प्रभावित हुई हैं।
कोटपूतली में यादव महासभा समिति ने उप जिला कलक्टर और जनगणना अधिकारी को ज्ञापन सौंपा। उन्होंने मांग की है कि यादव समुदाय की सभी उपजातियों को सरकारी दस्तावेजों और आगामी जनगणना में केवल 'यादव' श्रेणी में दर्ज किया जाए। समिति अध्यक्ष रामावतार यादव (गुरुजी) के नेतृत्व में दिए गए ज्ञापन में बताया गया कि देश में यादव समुदाय अभी 57 अलग-अलग उपजातियों के नाम से दर्ज है। महासभा का कहना है कि उपजातियों में बंटा डेटा समाज की वास्तविक संख्या सामने नहीं आने देगा, इसलिए 2027 की जनगणना में सिर्फ 'यादव' लिखा जाए। इस विषय पर अखिल भारतवर्षीय यादव महासभा के पदाधिकारियों की 1 जुलाई को दिल्ली में रजिस्ट्रार जनरल और जनगणना कमिश्नर से बातचीत भी हुई है। महासभा ने पूरे प्रदेश में जागरूकता अभियान चलाने का फैसला किया है। सदस्य गांवों में जाकर लोगों को जनगणना के दौरान जाति वाले कॉलम में केवल 'यादव' लिखवाने के लिए प्रेरित करेंगे। इस दौरान कई पदाधिकारी मौजूद रहे।
हरियाणा के नारनौल में अतिरिक्त यात्री भीड़ को देखते हुए रेलवे ने यात्रियों की सुविधा के लिए दिल्ली-रींगस-दिल्ली के बीच अनारक्षित स्पेशल ट्रेन चलाने का निर्णय लिया है। यह ट्रेन दिल्ली से रींगस और रींगस से दिल्ली के बीच दो-दो फेरे लगाएगी। ट्रेन का ठहराव नारनौल रेलवे स्टेशन पर भी रहेगा, जिससे क्षेत्र के यात्रियों को रींगस और दिल्ली की ओर आने-जाने में सुविधा मिलेगी। उत्तर पश्चिम रेलवे के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी अमित सुदर्शन के अनुसार गाड़ी संख्या 04415 दिल्ली-रींगस अनारक्षित स्पेशल 1 अक्टूबर से 2 अक्टूबर तक दो फेरे लगाएगी। रींगस से रात 2 बजे चलेगी यह ट्रेन दिल्ली से शाम 6:50 बजे रवाना होगी और रात 12:40 बजे रींगस पहुंचेगी। वापसी में गाड़ी संख्या 04416 रींगस-दिल्ली अनारक्षित स्पेशल 2 अक्टूबर से 3 अक्टूबर तक दो फेरे लगाएगी। यह ट्रेन रींगस से रात 2 बजे रवाना होकर सुबह 7 बजे दिल्ली पहुंचेगी। नारनौल समेत इन स्टेशनों पर ठहराव दिल्ली से रींगस जाने और वापसी के दौरान स्पेशल ट्रेन का ठहराव दिल्ली सराय रोहिल्ला, दिल्ली कैंट, गुरुग्राम, पटौदी रोड, रेवाड़ी, नारनौल और नीमकाथाना रेलवे स्टेशनों पर रहेगा। ऐसे में नारनौल और आसपास के क्षेत्र के यात्रियों को इस ट्रेन से दिल्ली और रींगस की ओर यात्रा करने का अतिरिक्त विकल्प मिलेगा। अनारक्षित होगी रेलवे के अनुसार यह ट्रेन अनारक्षित होगी। यानी यात्रियों को सामान्य श्रेणी में यात्रा करने की सुविधा मिलेगी। अतिरिक्त यात्री यातायात को ध्यान में रखते हुए इस स्पेशल ट्रेन का संचालन किया जा रहा है। 14 डिब्बों की होगी ट्रेन स्पेशल रेलसेवा में कुल 14 डिब्बे होंगे। इनमें 12 साधारण श्रेणी के डिब्बे और 2 गार्ड डिब्बे शामिल हैं। ट्रेन के संचालन से त्योहारी सीजन और बढ़ी हुई यात्री संख्या के दौरान दिल्ली, रेवाड़ी, नारनौल, नीमकाथाना और रींगस के बीच सफर करने वाले यात्रियों को अतिरिक्त रेल सुविधा मिलेगी। रेलवे ने यात्रियों से यात्रा से पहले ट्रेन के समय और संचालन संबंधी जानकारी की पुष्टि करने की अपील की है।
खन्ना के मुख्य बाजार में धोबियों वाली गली स्थित देव कलेक्शन कपड़ों के शोरूम में गुरुवार सुबह अचानक आग लग गई। देखते ही देखते आग ने शोरूम की दो मंजिलों को अपनी चपेट में ले लिया। हादसे में बड़ी मात्रा में कपड़े और अन्य सामान जलकर राख हो गया। शुरुआती अनुमान के मुताबिक, आग से लाखों रुपये का नुकसान हुआ है। आग की सूचना मिलते ही फायर ब्रिगेड की टीमें मौके पर पहुंचीं और राहत एवं बचाव कार्य शुरू किया। दमकल कर्मियों ने कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। समय रहते कार्रवाई होने के कारण आग को आसपास की दुकानों तक फैलने से रोक लिया गया। शोरूम में आग से बचाव के पर्याप्त इंतजाम नहीं थे हालांकि, बाजार की संकरी गलियों के कारण दमकल वाहनों को घटनास्थल तक पहुंचने में काफी परेशानी का सामना करना पड़ा। फायर अफसर दिलशाद खान ने बताया कि शोरूम में आग से बचाव के पर्याप्त इंतजाम नहीं थे। निरीक्षण के दौरान वहां फायर एनओसी नहीं मिली। इसके अलावा शोरूम में एक भी अग्निशमन यंत्र मौजूद नहीं था। दुकानदारों और स्थानीय लोगों में सुरक्षा को लेकर चिंता घटना के बाद बाजार के दुकानदारों और स्थानीय लोगों में सुरक्षा को लेकर चिंता है। उनका कहना है कि संकरे बाजार में किसी बड़े प्रतिष्ठान में आग लगने की स्थिति में दमकल वाहनों को मौके तक पहुंचने में दिक्कत हो सकती है। ऐसे में आग आसपास की दुकानों और लोगों के लिए बड़ा खतरा बन सकती है। स्थानीय लोगों ने बाजार में फायर सेफ्टी इंतजामों की जांच की मांग की है।
पैदल घूमिए तब पता चलेगा ‘स्पेन’ है या ‘ब्राजील’:गोरखपुर में अजय राय ने रवि किशन पर साधा निशाना
गोरखपुर में गुरुवार को कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष अजय राय पहुंचे। उन्होंने मीडिया से बात करते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और सदर सांसद रवि किशन पर जमकर हमला बोला। उन्होंने कहा कि- सांसद रवि किशन को शहर स्पेन जैसा दिखाई देता है, रवि किशन बोलते हैं कि बाकि लोग अंधे हैं..…तो मैं क्या करूं?.…अजय राय ने कहा कि- रवि किशन को आम लोगों की परेशानी दिखाई नहीं देती। CM और सांसद पर जमकर बोले हमला उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि सांसद रवि किशन और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को गोरखपुर की सड़कों पर पैदल घूमना चाहिए। तब उन्हें शहर की जमीनी हकीकत दिखाई देगी और जवाब मिल जाएगा कि गोरखपुर स्पेन है या ब्राजील। अजय राय ने आरोप लगाया कि विकास के दावों के बावजूद शहर में जलभराव जैसी बुनियादी समस्याएं बनी हुई हैं। उन्होंने राजघाट के गुंबद हादसे में दो अधिवक्ताओं की मौत और श्मशान घाट के निर्माण में कथित भ्रष्टाचार का मुद्दा भी उठाया। इन मामलों में वह पहले भी जांच और जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई की मांग कर चुके हैं। अजय राय ने कहा कि उनके पहुंचने से कुछ देर पहले ही नाली की सफाई कराई गई। उन्होंने आरोप लगाया कि जब मुख्यमंत्री अपने ही जिले की समस्याओं का समाधान नहीं कर पा रहे हैं तो प्रदेश की स्थिति का अंदाजा लगाया जा सकता है। इस दौरान उन्होंने सरकार पर भी निशाना साधा। मौके पर कांग्रेस के राष्ट्रीय सचिव एवं उत्तर प्रदेश के सह-प्रभारी अभिषेक दत्त भी मौजूद रहे। संध्या यादव से मिले अजय राय अजय राय गुरुवार को गोरखपुर के बेतियाहाता पहुंचे, जहां उन्होंने भारी बारिश और जलभराव से प्रभावित ब्यूटी पार्लर संचालिका संध्या यादव से मुलाकात की। उन्होंने करीब पांच मिनट तक संध्या से बातचीत कर बारिश से हुए आर्थिक नुकसान की जानकारी ली और भरोसा दिलाया कि कांग्रेस उनके साथ खड़ी है। 26 सितंबर को हुई भारी बारिश के बाद संध्या के किराए के मकान और ब्यूटी पार्लर में करीब तीन फीट तक पानी भर गया था। इससे पार्लर का सामान और घरेलू सामग्री खराब हो गई। संध्या ने बताया कि पार्लर शुरू करने के लिए उन्होंने अपना जेवर गिरवी रखकर बैंक से 2.50 लाख रुपये और परिचितों से 6 लाख रुपये ब्याज पर कर्ज लिया था। बारिश से हुए नुकसान के बाद उन्होंने सोशल मीडिया पर वीडियो पोस्ट कर अपनी परेशानी साझा की थी। कांग्रेस नेताओं ने इसी वीडियो का संज्ञान लेते हुए उनसे मुलाकात की। मांग पूरी नहीं हुई तो करेंगे विरोध ब्यूटी पार्लर चलाने वाली संध्या यादव से मिलने के बाद उन्होंने सरकार से अपनी मांग रखी। अजय राय ने कहा कि- यहां के जितने भी दुकानदारों का नुकसान हुआ है उसका तत्काल भुगतान हो। इसके साथ ही यहां के जिम्मेदार अधिकारी पर कार्रवाई होनी चाहिए। यहां के सांसद को माफी मांगनी चाहिए। उन्होंने कहा कि-अगर सरकार नहीं सुनेगी तो हम इसका विरोध और बड़े स्तर पर करेंगे। जानिए पूरा मामला… संध्या ने लोन लेकर पार्लर शुरू किया था, लेकिन 26 सितंबर की बारिश का पानी भरने से उनका काफी सामान खराब हो गया। संध्या ने रोते हुए अपना दर्द सोशल मीडिया पर शेयर किया था। उन्होंने बताया था कि दुकान में पानी भरने के बाद मदद के लिए 112 पर फोन किया था। बाद में स्थानीय पार्षद की मदद से दुकान से पानी निकलवाया गया। 8.50 लाख रुपये का लिया था कर्ज संध्या यादव ने करीब दो महीने पहले किराए के मकान में राधिका मेकओवर एकेडमी के नाम से पार्लर शुरू किया था। इसके लिए उन्होंने यूपी बड़ौदा बैंक से 2.50 लाख और परिचितों से 6 लाख रुपये उधार लिए थे। भारी बारिश के बाद दुकान में पानी भर गया। पार्लर का सामान डूबने से उन्हें काफी नुकसान हुआ। स्थानीय पार्षद विश्वजीत त्रिपाठी की मदद से नगर निगम की टीम ने पानी निकलवाया था। मऊ भी जाएंगे अजय राय संध्या से मुलाकात के बाद अजय राय मऊ जाएंगे। वहां डोमनपुरा इस्लामाबाद में जलभराव के दौरान करंट की चपेट में आने से तीन लोगों की मौत हुई थी। वह मृतकों के परिजनों से मिलकर संवेदना व्यक्त करेंगे। दोपहर एक बजे वह मधुबन विधानसभा क्षेत्र के अमिला स्थित गोफा ग्राउंड में स्वतंत्रता संग्राम सेनानी अमर शहीद राजा जयलाल सिंह की पुण्यतिथि पर आयोजित कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होंगे। कार्यक्रम के बाद अजय राय गोरखपुर लौटेंगे। शाम 7 बजे विमान से दिल्ली रवाना होंगे।
हिसार में बरवाला चुंगी पर मंगलवार सुबह करीब साढ़े 11 बजे रोडवेज बस की चपेट में आने से गंभीर घायल हुई गुरु जम्भेश्वर विश्वविद्यालय (GJU) की छात्रा विजेता का शहर के निजी अस्पताल में वेंटिलेटर पर उपचार चल रहा है। हादसे के विरोध में गुरुवार को GJU के छात्र-छात्राओं ने हिसार बस स्टैंड का मुख्य गेट बंद कर दिया। छात्रों ने हादसे को लेकर रोष जताते हुए जीजेयू के बाहर बस स्टॉप बनाने, बस ड्राइवर के खिलाफ कार्रवाई करने और घायल छात्रा के परिवार को आर्थिक मदद देने की मांग की। प्रदर्शनकारी छात्र नेता हरिकेश ढांडा ने कहा कि जीजेयू के बाहर पहले भी इस तरह के हादसे हो चुके हैं। विद्यार्थियों को सड़क पर ही बसों से उतरना पड़ता है। इसलिए विश्वविद्यालय के बाहर स्थायी बस स्टॉप बनाया जाना जरूरी है। बस से उतरकर आगे बढ़ी, मोड़ते समय टायरों के नीचे आई छात्रा बता दें कि, मंगलवार को सोनीपत निवासी विजेता जीजेयू जाने के लिए रोहतक डिपो की किलोमीटर स्कीम के तहत चल रही रोडवेज बस से बरवाला चुंगी पर उतरी थी। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार बस से उतरने के बाद छात्रा आगे चलने लगी। इसी दौरान ड्राइवर ने बस को मोड़ना शुरू किया। छात्रा बस के पिछले टायरों के नीचे आ गई। हादसे में उसके शरीर का आधा हिस्सा टायरों के नीचे दब गया। बस को छोड़कर फरार हुए ड्राइवर-कंडक्टर हादसे के बाद ड्राइवर और कंडक्टर बस मौके पर छोड़कर चले गए। छात्रा करीब 10 मिनट तक टायरों के नीचे दबी रही। यात्रियों ने पुलिस को सूचना दी और उसे निकालने का प्रयास किया। इसी दौरान एक व्यक्ति बस में चढ़ा और बस को पीछे किया, जिसके बाद छात्रा को बाहर निकाला गया। उस समय वह बेहोश हो चुकी थी। छात्रा को नागरिक अस्पताल के आपातकालीन कक्ष में पहुंचाया गया। प्राथमिक उपचार के बाद गंभीर हालत को देखते हुए उसे रेफर कर दिया गया। इसके बाद परिचित उसे निजी अस्पताल ले गए, जहां उसका वेंटिलेटर पर उपचार चल रहा है। विजेता जीजेयू के मनोविज्ञान विभाग में द्वितीय वर्ष की छात्रा है। फिलहाल पुलिस ने इस मामले में केस दर्ज किया हुआ है।
वाराणसी के शिवपुर में श्रीश्री दुर्गा पूजा समिति, मिनी स्टेडियम की ओर से दुर्गा पूजा की तैयारियां तेज कर दी गई हैं। इस बार पूजा पंडाल को राजस्थान के जयपुर स्थित हवा महल की तर्ज पर सजाया जा रहा है। पंडाल के अंदर राजस्थानी शैली में मां दुर्गा की प्रतिमा स्थापित की जाएगी। बाहर राजस्थानी कला और संस्कृति से जुड़ी झांकियां प्रदर्शित होंगी। समिति अध्यक्ष सुशांत जायसवाल ने बताया कि पश्चिम बंगाल के करीब 25 कारीगर पिछले डेढ़ माह से पंडाल निर्माण में जुटे हैं। इसमें करीब 4,500 बांस, 2,000 बल्लियां, 7,000 मीटर कपड़ा और थर्माकोल का इस्तेमाल किया जाएगा। मंत्री राकेश कुमार गुप्ता ने बताया कि तीन दिवसीय आयोजन में चार से पांच लाख श्रद्धालुओं के पहुंचने की संभावना है। सुरक्षा के लिए 20 सीसीटीवी कैमरे, 80 वालंटियर और 20 बाउंसर तैनात रहेंगे। पुलिस प्रशासन महिला और पुरुष पुलिसकर्मियों की व्यवस्था करेगा। नगर निगम से मोबाइल टॉयलेट और पेयजल की व्यवस्था कराने की मांग की गई है। समिति पदाधिकारी करीब दो माह से तैयारियों में जुटे हैं।
जौनपुर में ग्रामीणों का प्रदर्शन:आबादी से 50 मीटर दूर चल रहा फार्म, बदबू और बीमारियों का खतरा
जौनपुर के कलेक्ट्रेट परिसर में गुरुवार दोपहर 12 बजे दो दर्जन से ज्यादा ग्रामीणों ने प्रदर्शन किया। उन्होंने गांव में चल रहे अवैध पोल्ट्री फार्म को बंद कराने की मांग करते हुए जिला प्रशासन को एक पत्र सौंपा। ग्रामीणों ने बताया कि विशुनपुर मझवारा और सुरहरपुर गांव में एक अवैध पोल्ट्री फार्म चल रहा है। यह फार्म आबादी से सिर्फ 50 मीटर दूर है, जबकि नियमों के हिसाब से इसे कम से कम 500 मीटर दूर होना चाहिए। राजेश सिंह नाम का व्यक्ति इसे चला रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि फार्म से इतनी बदबू आती है कि सांस लेना मुश्किल हो गया है। पूरे इलाके में मक्खियां और मच्छर बढ़ गए हैं। इससे मलेरिया, डेंगू, डायरिया और सांस की बीमारियों का खतरा बढ़ गया है। छोटे बच्चों, महिलाओं और बुजुर्गों के स्वास्थ्य पर इसका बुरा असर हो रहा है। ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि इसकी जांच कर फार्म को बंद कराया जाए या आबादी से दूर शिफ्ट किया जाए।
भाजपा के पूर्व विधायक बाबा गोरखनाथ ने मिल्कीपुर विधानसभा क्षेत्र के करीब 150 समर्थकों के साथ रामलला के दर्शन-पूजन किए। समर्थक गाजे-बाजे के साथ राम मंदिर पहुंचे। इस दौरान कार्यकर्ताओं में उत्साह नजर आया। बाबा गोरखनाथ ने बताया कि उन्होंने वर्ष 2024 में अपने साथियों से रामलला के दर्शन कराने का वादा किया था। अब उन्होंने अपना यह वादा पूरा किया है। उन्होंने बताया कि वर्ष 2024 में देशभर से श्रद्धालुओं को अयोध्या लाने के लिए 35 दिन तक आस्था ट्रेन का कार्यक्रम चला था। संगठन ने उन्हें पांच अलग-अलग स्टेशनों से यात्रियों को टेंट सिटी तक लाने और दर्शन के बाद समय से वापस पहुंचाने की जिम्मेदारी दी थी। बाबा गोरखनाथ के मुताबिक, इस दौरान करीब 150 साथी लगातार उनके साथ रहे थे। तभी उन्होंने सभी साथियों के साथ रामलला के दर्शन करने का संकल्प लिया था। समय बीतने के बाद भी यह वादा उनके मन में बना रहा। साथियों की ओर से याद दिलाए जाने पर उन्होंने दर्शन कराने का निर्णय लिया और सभी को लेकर अयोध्या पहुंचे। उन्होंने कहा, “मेरा सफर किसी तूफान के डर से रुकता नहीं, इरादा कर लिया तो इरादा कर लिया।” विधानसभा चुनाव से दर्शन को जोड़कर पूछे गए सवाल पर बाबा गोरखनाथ ने कहा कि वह भगवान के दर्शन करने आए हैं। उन्होंने स्थानीय अंदाज में कहा, लड़ैक तो मन हइये बाय, ओहे लड़ा जाय। कार्यकर्ताओं के जोश पर उन्होंने कहा कि जिसकी मस्ती जिंदा है, उसकी हस्ती जिंदा है और उनके कार्यकर्ता भी उसी तरह हैं। बाबा गोरखनाथ ने रामलला से क्षेत्र और प्रदेश की जनता की खुशहाली, निरोगी जीवन और सभी को अच्छी बुद्धि देने की प्रार्थना की।
फरीदाबाद शहर में ऑनलाइन भुगतान के नाम पर ठगी का नया तरीका सामने आया है। एक महिला और पुरुष का कपल दुकानदारों को मोबाइल पर फर्जी पेमेंट का स्क्रीनशॉट दिखाकर सामान लेकर फरार हो रहा है। मंगलवार को दोनों ने अलग-अलग इलाकों में तीन दुकानों को निशाना बनाया। आरोपियों ने करीब 25,400 रुपए का सामान खरीदा, लेकिन किसी भी दुकान के खाते में भुगतान नहीं पहुंचा। पहले सामान खरीदा, फिर स्कैनर लेकर बाहर बुलाया सबसे पहले कपल ओल्ड फरीदाबाद के ठाकुरवाड़ा स्थित गर्ग बैग एंड गारमेंट्स पर पहुंचा। यहां दोनों ने बच्चों के कपड़े पसंद किए। करीब 4400 रुपए का सामान लेने के बाद उन्होंने भुगतान के लिए दुकान का स्कैनर मांगा। इसके बाद सेल्समैन को स्कैनर लेकर दुकान के बाहर आने के लिए कहा। बाहर पहुंचने पर आरोपियों ने अपने मोबाइल पर 4400 रुपए के भुगतान का स्क्रीनशॉट दिखा दिया। स्क्रीन पर दुकान का नाम और रकम दिखाई दे रही थी, इसलिए कर्मचारी को भुगतान होने का भरोसा हो गया। दोनों सामान लेकर वहां से निकल गए। कुछ देर बाद दुकानदार गोविंद गर्ग ने खाते में ट्रांजेक्शन चेक किया तो कोई रकम जमा नहीं हुई थी। दुकानदार बाहर पहुंचा, लेकिन तब तक दोनों फरार हो चुके थे। एक ही तरीके से दो और दुकानों में ठगी दुकानदार ने आसपास के व्यापारियों से पूछताछ की तो पता चला कि इसी हुलिए का कपल सेक्टर-37 की एक कपड़ों की दुकान से करीब 15 हजार रुपए का सामान ले गया है। वहां भी भुगतान का स्क्रीनशॉट दिखाया गया था। इसके बाद सेक्टर-23 के एक शोरूम में करीब 6 हजार रुपए की खरीदारी करने की जानकारी मिली। यहां भी दोनों ने भुगतान का स्क्रीनशॉट दिखाकर दुकानदार को भ्रमित किया और सामान लेकर निकल गए। खाते में रकम आने तक पेमेंट मान्य न मानें तीनों घटनाओं में आरोपियों का तरीका लगभग एक जैसा रहा। पहले दोनों सामान्य ग्राहक बनकर सामान पसंद करते हैं। भुगतान के समय स्कैनर लेकर दुकान से बाहर आने को कहते हैं और फिर मोबाइल पर तैयार स्क्रीनशॉट दिखा देते हैं। इससे दुकानदार या कर्मचारी को लगता है कि भुगतान हो चुका है। दुकानदार गोविंद गर्ग ने ओल्ड फरीदाबाद थाना पुलिस को शिकायत दी है। थाना प्रभारी विष्णु मित्र के अनुसार शिकायत के आधार पर जांच की जा रही है। पुलिस आरोपियों की पहचान के लिए आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज भी खंगाल रही है।
बांसवाड़ा भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (ACB) ने वन विभाग के वन नाका तलवाड़ा, गढ़ी रेंज में तैनात फॉरेस्ट गार्ड भूपेश पाटीदार को 5 हजार रुपए की रिश्वत लेते रंगे हाथ गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई एसीबी बांसवाड़ा के उप अधीक्षक पुलिस रतन सिंह राजपुरोहित के नेतृत्व में टीम ने ट्रैप कार्रवाई की। भूपेश कैमरे को देख चेहरा छिपाते रहा। एसीबी के अधिकारी ने उसे बार-बार चेहरा ऊपर करने को कहते रहे, लेकिन उसने चेहरा ऊपर नहीं किया। पट्टे की सत्यापन के लिए रिश्वत मांगी थी एसीबी के अनुसार, परिवादी वन विभाग के परिक्षेत्र के बाहरी क्षेत्र की वन भूमि पर काबिज होकर कृषि कार्य करता आ रहा था। संबंधित भूमि के पट्टे के लिए वन विभाग में सत्यापन की पत्रावली आगे बढ़ाने और पट्टा पत्रावली देने के एवज में वनरक्षक द्वारा रिश्वत की मांग की जा रही थी। 6 हजार की मांग, 5 हजार में सौदा तय हुआ एसीबी के डीएसपी रतन सिंह राजपुरोहित ने बताया- आरोपी भूपेश पाटीदार ने बातचीत के दौरान परिवादी से पहले 6 हजार रुपए रिश्वत की मांग की थी। परिवादी के निवेदन करने पर रिश्वत की राशि 5 हजार रुपए में तय हुई। 30 सितंबर को रिश्वत मांग का सत्यापन कराया गया। ट्रैप कार्रवाई में पकड़ा एसीबी की अतिरिक्त महानिदेशक स्मिता श्रीवास्तव के सुपरविजन में आरोपी से पूछताछ की जा रही है। उसके घर की भी तलाशी ली गई। मामले में भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत प्रकरण दर्ज कर जांच शुरू की।
झांसी के गुरसरांय थाना क्षेत्र के अस्ता गांव में खेत पर काम कर रही 34 वर्षीय महिला की सर्पदंश से मौत हो गई। सांप के काटने के बाद परिजन उसे तत्काल अस्पताल ले जाने के बजाय झाड़-फूंक कराते रहे। हालत बिगड़ने पर गुरुवार सुबह उसे गुरसरांय अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजकर मामले की जांच शुरू कर दी है। खेत में काम करते समय सांप ने काटा अस्ता गांव निवासी हरिओम अहिरवार की पत्नी मिथलेशी खेत में काम कर रही थी। इसी दौरान उसे सांप ने काट लिया। सांप के काटने की जानकारी होने पर परिवार के लोग उसे उपचार के लिए अस्पताल ले जाने के बजाय झाड़-फूंक कराने लगे। इस दौरान महिला की हालत लगातार बिगड़ती चली गई। हालत बिगड़ने पर अस्पताल पहुंचाया महिला की हालत गंभीर होने पर गुरुवार सुबह परिवार के लोग उसे गुरसरांय अस्पताल लेकर पहुंचे। अस्पताल में डॉक्टर विपिन बहादुर और स्वास्थ्यकर्मी नमन ने महिला की जांच की। जांच के बाद डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। महिला की मौत की जानकारी मिलते ही परिवार में कोहराम मच गया। पुलिस ने पोस्टमार्टम के लिए भेजा शव घटना की सूचना मिलने पर गुरसरांय पुलिस अस्पताल पहुंची। पुलिस ने महिला के शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पुलिस के अनुसार मामले की जांच की जा रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। समय पर उपचार न मिलने से हुई मौत परिजनों के अनुसार सांप के काटने के बाद महिला को पहले झाड़-फूंक के लिए ले जाया गया था। हालत बिगड़ने के बाद उसे अस्पताल लाया गया। चिकित्सकों के मुताबिक सर्पदंश की स्थिति में झाड़-फूंक के बजाय तत्काल अस्पताल पहुंचकर उपचार कराना जरूरी होता है। समय पर इलाज मिलने से कई मामलों में मरीज की जान बचाई जा सकती है।
भिलाई स्टील प्लांट के अंदर घुसकर स्क्रैब कॉपर केबल चोरी करने का मामला सामने आया है। आरोपी प्लांट परिसर से चोरी की केबल गठरी में बांधकर मोटरसाइकिल से बाहर निकलने की कोशिश कर रहे थे। इसी दौरान बीएसपी की सुरक्षा में तैनात केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल ने उन्हें पकड़ लिया। मामले की सूचना मिलने के बाद भिलाई भट्ठी पुलिस ने दो अलग-अलग मामलों में कार्रवाई करते हुए 4 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। इनके साथ एक नाबालिग भी पकड़ा गया है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से 100 किलो कॉपर केबल और चोरी में इस्तेमाल मोटरसाइकिल जब्त की है। दो मामलों में 60 और 40 किलो केबल ले जा रहे थेपुलिस के अनुसार 29 सितंबर को केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल की ओर से भिलाई भट्ठी थाने में चोरी के दो अलग-अलग मामले दर्ज कराए गए। पहले मामले में आरोपी 60 किलो स्क्रैब कॉपर केबल लेकर प्लांट से बाहर निकलने की कोशिश कर रहे थे। वहीं दूसरे मामले में 40 किलो केबल चोरी कर ले जाने का प्रयास किया गया। दोनों घटनाओं में सुरक्षा बल ने आरोपियों को पकड़ लिया और इसकी जानकारी पुलिस को दी। पूछताछ में सामने आया चोरी का सामानपुलिस ने दोनों मामलों में अपराध दर्ज कर जांच शुरू की। आरोपियों से पूछताछ के बाद उनके कब्जे से कुल 100 किलो स्क्रैब कॉपर केबल बरामद हुई। पुलिस के अनुसार जब्त केबल की कीमत करीब 96 हजार 100 रुपए है। इसके अलावा चोरी में इस्तेमाल एचएफ डीलक्स मोटरसाइकिल क्रमांक सीजी 07 बीपी 5037 भी जब्त की गई है। इसकी कीमत करीब 10 हजार रुपए बताई गई है। प्लांट के अंदर केबल जुटाकर बना रहे थे गठरीपुलिस जांच में आरोपियों के चोरी करने का तरीका भी सामने आया। आरोपी बीएसपी परिसर के अंदर पहुंचने के बाद अलग-अलग जगहों से स्क्रैब कॉपर केबल इकट्ठा कर रहे थे। इसके बाद केबल को एक जगह लाकर गठरी तैयार की जाती थी। मोटरसाइकिल की मदद से इसे प्लांट से बाहर ले जाने की कोशिश की जा रही थी। लेकिन बाहर निकलने से पहले ही सुरक्षा बल की नजर आरोपियों पर पड़ गई और वे पकड़े गए। इन्हें किया गया गिरफ्तार पुलिस ने मामले में दुर्गेश जोशी (18), अजय सोनवाने (18), जोसेफ बाघ (32) और हितेष कुमार देशमुख (24) को गिरफ्तार किया है। दुर्गेश और अजय स्टेशन मरोदा क्षेत्र के रहने वाले हैं। जोसेफ बाघ उतई के जोरातराई क्षेत्र और हितेष कुमार देशमुख बालोद जिले के खप्पड़वाड़ा का रहने वाला है। इनके साथ एक अपचारी बालक भी पकड़ा गया है।
कुशीनगर के सिसवा बाजार में क्षेत्र की विभिन्न जनसमस्याओं के समाधान की मांग को लेकर गुरुवार को बड़ी संख्या में महिलाओं ने धरना-प्रदर्शन किया। महिलाओं ने नारेबाजी कर प्रशासन का ध्यान लंबे समय से चली आ रही समस्याओं की ओर आकर्षित किया। उनका कहना था कि समस्याओं को लेकर पहले भी संबंधित अधिकारियों से शिकायत की जा चुकी है, लेकिन अपेक्षित कार्रवाई नहीं होने से स्थिति जस की तस बनी हुई है। प्रदर्शनकारी महिलाओं ने क्षेत्र की मूलभूत सुविधाओं, सुरक्षा व्यवस्था और अन्य जनसमस्याओं को प्रमुखता से उठाया। उन्होंने कहा कि इन समस्याओं का असर स्थानीय लोगों के दैनिक जीवन पर पड़ रहा है। महिलाओं ने प्रशासन से आश्वासन के बजाय धरातल पर कार्रवाई की मांग की। सूचना पर संबंधित अधिकारी और पुलिसकर्मी मौके पर पहुंचे और महिलाओं से बातचीत कर उनकी समस्याएं सुनीं। महिलाओं ने मांगों से संबंधित ज्ञापन सौंपा। अधिकारियों ने संबंधित विभागों के माध्यम से आवश्यक कार्रवाई का आश्वासन दिया। इसके बाद धरना समाप्त हुआ। महिलाओं ने समाधान नहीं होने पर दोबारा आंदोलन की चेतावनी दी।
डिंडोरी में सांसद फग्गन सिंह कुलस्ते ने शारदा टेकरी में वृक्षारोपण किया। उन्होंने स्व सहायता समूह की महिलाओं से बात की और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को आशीर्वाद देने की अपील की। इसके बाद, वे अंतर्राष्ट्रीय वृद्धजन दिवस कार्यक्रम में शामिल हुए। महिलाओं से संवाद में सांसद ने पूछा कि जिले में कितनी 'लखपति दीदियां' बनी हैं। उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने के लिए कई योजनाएं चला रहे हैं। इन योजनाओं से महिलाएं आत्मनिर्भर बन रही हैं और लोन रिकवरी 99 प्रतिशत है। शारदा स्व सहायता समूह की अध्यक्ष शारदा धुर्वे ने बताया कि उनका समूह 15 सालों से रैपुरा जलाशय में मछली पालन कर रहा है। समूह की 11 महिलाओं को अच्छी आमदनी हो रही है। वृद्धजन दिवस कार्यक्रम में सांसद कुलस्ते ने जिला पंचायत अध्यक्ष रुदेश परस्ते, नपा अध्यक्ष सुनीता सारस, कलेक्टर अंजू पवन भदौरिया समेत अन्य अधिकारियों और बुजुर्गों को सम्मानित किया। उन्होंने कहा कि सरकारें योजनाओं से बुजुर्गों का सम्मान कर रही हैं।
लखनऊ में अपनी जनता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष स्वामी प्रसाद मौर्य गुरुवार को डीजीपी को ज्ञापन देने पुलिस मुख्यालय जा रहे थे। इससे पहले ही गोमतीनगर स्थित पार्टी कार्यालय के पास पुलिस ने उन्हें रोक दिया। पार्टी के मुताबिक, मौर्य सुबह करीब 11 बजे पुलिस मुख्यालय के लिए निकले थे। आठ हत्याकांड और हमले के मामले उठाए स्वामी प्रसाद मौर्य के ज्ञापन में प्रदेश की कानून-व्यवस्था से जुड़े आठ मामलों का जिक्र किया गया है। ज्ञापन में आरोप लगाया गया है कि कई मामलों में नामजद आरोपी अब तक गिरफ्तार नहीं हुए हैं। पार्टी ने इन मामलों में आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी की मांग की है। ज्ञापन में अयोध्या के कंदेला में श्रीराम लगन मौर्य हत्याकांड, गोंडा में विनोद साहनी हत्याकांड, कासगंज में पवन कोरी हत्याकांड, प्रतापगढ़ में अर्जुन गौतम हत्याकांड और बदायूं में राजेश कोरी हत्याकांड का जिक्र है। इसके अलावा सुल्तानपुर में मंगल कोरी और उनके पूरे परिवार पर हमले, प्रतापगढ़ में सौरभ विश्वकर्मा हत्याकांड और सुल्तानपुर के अखंडनगर में राजन पर जानलेवा हमले का मामला भी ज्ञापन में शामिल है। आरोपियों की गिरफ्तारी और न्याय की मांग अपनी जनता पार्टी ने मांग की है कि इन मामलों में नामजद आरोपियों को जल्द गिरफ्तार किया जाए और पीड़ित परिवारों को न्याय दिलाया जाए। ज्ञापन की प्रतियां मुख्य सचिव, अपर मुख्य सचिव गृह, लखनऊ के जिलाधिकारी और पुलिस आयुक्त को भी भेजी गई हैं। ज्ञापन में ये प्रमुख मांगें रखीं...
अलवर के सरिस्का में तीन महीने बाद गुरुवार सुबह से टाइगर सफाई शुरू हो गई। सुबह-सुबह सरिस्का पहुंचे टूरिस्ट को कलाकंद खिला मुंह मीठा कराया। उसके बाद फूल माला पहनाकर जिप्सी में सफारी पर रवाना किया। सरिस्का के अधिकारियों सहित वन्यजीव प्रेमियों ने टूरिस्ट का स्वागत किया। अब रोजाना सुबह-शाम टूरिस्ट सरिस्का के जंगल की सफारी कर सकेंगे। इस समय सरिस्का के जंगल में कुल 56 टाइगर हैं। जिसमें 11 टाइगर, 18 टाइग्रेस, 27 शावक हैं। इस दौरान DFO अभिमन्यु साहरण ने टूरिस्ट को कई तरह के नियमों की जानकारी भी दी। 1 जुलाई से सफारी बंद थी बारिश के कारण मानसून सीजन में टाइगर रिजर्व फॉरेस्ट सरिस्का में 1 जुलाई से सफारी बंद हो जाती है। बारिश के तीन महीनों में सरिस्का में टूरिस्ट का आना और टाइगर का दिखना भी न के बराबर रहता है। लेकिन अब एक अक्टूबर से वापस सरिस्का के जंगल में टाइगर की साइटिंग होगी। सरिस्का में कुल 35 केंटरा व जिप्सी हैं। जिनके जरिए टूरिस्ट को सफारी कराई जाती है। जिप्सी का 8 हजार रुपए किराया है। जिसमें एक साथ 6 सदस्य सफारी कर सकते हैं। वहीं केंटरा में 20 टूरिस्ट जा सकते हैं। 35 में से 28 व्हीकल की ऑनलाइन बुकिंग होती है।
शिकारपुर में सुनार को ब्लैकमेल करने का आरोप:पीड़ित ने एसपी से लगाई परिवार की सुरक्षा की गुहार
शिकारपुर में एक सुनार को दबंग के इशारे पर ब्लैकमेल करने का मामला सामने आया है। सर्राफा बाजार निवासी सुनार निखिल मित्तल ने एसपी देहात से सुरक्षा की गुहार लगाई है। उन्होंने आरोप लगाया कि एक दंपति उन्हें झूठे मामले में फंसाने की धमकी दे रहा है। निखिल मित्तल के मुताबिक, 24 सितंबर 2026 को जब वह घर पर नहीं थे, तब सलमान कुरैशी, उसकी पत्नी, सास, साला और एक अन्य व्यक्ति उनके घर पहुंचे। इन लोगों ने निखिल की पत्नी और भाई से गाली-गलौज की। आरोप है कि वे घर में घुसकर मारपीट करने लगे और जान से मारने की धमकी भी दी। मित्तल का कहना है कि ये लोग पहले उनका कुछ सामान घर पर रख गए थे, जिसे वे पांच महीने पहले ले गए थे। पुलिस से जांच और कार्रवाई की मांग अब शिकारपुर निवासी दबंग कुशल सिंघल के इशारे पर उन्हें ब्लैकमेल किया जा रहा है। सिंघल पर मित्तल के करीब दो लाख रुपये बकाया हैं। शिकायत में बताया गया है कि कुशल सिंघल सजायाफ्ता है और जमानत पर बाहर है। पीड़ित ने पुलिस से जांच और कार्रवाई की मांग की है। एसपी देहात ने .के निर्देश दिए हैं।
हाथरस में ऑटो-कार की टक्कर:बुजुर्ग की मौत, 6 लोग घायल, मथुरा-बरेली हाईवे पर हुआ हादसा
हाथरस में मथुरा-बरेली नेशनल हाईवे पर एक ऑटो और ब्रेजा कार की टक्कर हो गई। यह हादसा हाथरस जंक्शन कोतवाली क्षेत्र के सलेमपुर गांव के पास आज गुरुवार की सुबह करीब 8 बजे हुआ। इस दुर्घटना में 70 साल के रोशन सिंह की मौत हो गई। रोशन सिंह नगला बंजारा, कलूपुरा, थाना हसन, हाथरस के रहने वाले थे। जिला अस्पताल में डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। उनके परिवार में 6 बेटे और एक बेटी हैं। घटनास्थल पर काफी भीड़ लग गई और वहां घायलों की चीख पुकार भी शुरू हो गई। दोनों वाहन भी क्षतिग्रस्त हो गए। घायलों को इलाज के लिए जिला अस्पताल लाया गया। हादसे में डिप्टी सिंह (गिरधरपुर, हसायन), जोगेंद्र (नगला रति, हसायन), मनीष (नगला कांच, हसायन), नीरज, सुरेंद्र (विजयगढ़, अलीगढ़) और रामवीर (नरहोली, मथुरा) घायल हो गए। सभी घायलों को जिला अस्पताल लाया गया, जहां से उन्हें हायर सेंटर रेफर कर दिया गया। रोशन सिंह के शव को पुलिस ने पोस्टमार्टम के लिए भिजवा दिया। परिजन भी पोस्टमार्टम गृह पहुंच गए हैं।
पूर्व मंत्री और कांग्रेस नेता विश्वेंद्र सिंह के प्रदेशाध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा पर आरोप लगाने के बाद पार्टी की अंदरूनी सियासत तेज हो गई है। गोविंद सिंह डोटासरा समर्थक कांग्रेस नेता खुलकर विश्वेंद्र सिंह के विरोध में आ गए हैं, इन नेताओं ने विश्वेंद्र सिंह के खिलाफ बयान जारी किए हैं। महिला कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष सारिका सिंह चौधरी ने विश्वेंद्र सिंह पर पलटवार करते हुए उन्हें बीजेपी का स्लीपर सेल बता दिया। डोटासरा ने विश्वेंद्र सिंह मामले में चुप्पी तोड़ी है। विश्वेंद्र सिंह के आरोपों पर पूछे गए सवाल के जवाब में डोटासरा ने कहा- आज इन सब बातों का वो समय नहीं है, हम सब एक हैं। 125 साल पुरानी पार्टी ने मुझे 6 साल से ज्यादा से प्रदेशाध्यक्ष बनाकर रखा है, यह नेताओं और कार्यकर्ताओं का ही आशीर्वाद है। मेरे लीडर खुश हैं। कहीं कोई मनमुटाव नहीं है। यह तो बीजेपी का टूलकिट आपस में मतभेद दिखाने की चेष्टा करता है। हमारे में एकता है। राजस्थान से बीजेपी का सूपड़ा साफ होगा। डोटासरा ने जन्मदिन पर कार्यकर्ताओं के बीच सब एक हैं के नारे लगाए डोटासरा ने अपने जन्मदिन के मौके पर सुबह जयपुर से डेगाना रवाना होने से पहले कार्यकर्ताओं से मुलाकात की। नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली सहित कई वरिष्ठ नेताओं ने डोटासरा से मिलकर उन्हें जन्मदिन की शुभकामनाएं दीं। जूली और डोटासरा एक साथ डेगाना गए हैं। डोटासरा ने कार्यकर्ताओं के बीच हम सब एक हैं के नारे लगाए। महिला कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष ने विश्वेंद्र सिंह को बताया स्लीपर सेल महिला कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष सारिका सिंह चौधरी ने विश्वेंद्र सिंह पर पलटवार करते हुए उन्हें बीजपेी का स्लीपर सेल बता दिया। सारिका सिंह ने विश्वेंद्र सिंह के डोटासरा पर आरोप लगाने के मामले में जवाब देते हुए एक्स पर लिखा- स्लीपर सेल। देशराज मीणा बोले- भाजपा के इशारे पर काम करने वाले अवसरवादी बेनकाब प्रदेश महासचिव देशराज मीणा ने विश्वेंद्र सिंह पर पलटवार करते हुए उन पर भाजपा के इशारे पर काम करने का आरोप लगाया। मीणाा ने एक्स पर लिखा- प्रदेश महासचिव जसवंत गुर्जर ने भी किया तंज प्रदेश महासचिव जसवंत गुर्जर ने भी विश्वेंद्र सिंह पर पलटवार करते हुए लिखा- सोशल मोड़िया पर पूर्व मंत्री विश्वेन्द्र सिंह के नाम से जो बयान आ रहे है वह पार्टी परंपरा के अनुरूप नहीं हैं। उन में लिखा हुआ बीजेपी के फैलाये जा रहे झूठ के टूल किट का एक हिस्सा है, जो भाजपा कई सालों से झूठ फैला रही है। पार्टी में हर बात को रखने का एक मंच होता है। जिले से हर चुनाव की रिपोर्ट भी संगठन प्रभारियों से मांगी जाती है, बाकी भरतपुर मेयर चुनाव को लेकर कैसे क्या खेल खेला खिलाया गया, मीडिया के द्वारा सबके सामने रखा गया था। यूथ कांग्रेस के पूर्व सचिव बोले- विश्वेंद्र सिंह बीजेपी के प्रवक्ता बन जाएं यूथ कांग्रेस के पूर्व सचिव सत्यवीर आलोरिया ने एक्स पर लिखा- विश्वेन्द्र सिंहजी अब आप भाजपा के आधिकारिक प्रवक्ता बन जाइए। पिछले ढाई साल से ज़्यादा समय हो गया आपकी कांग्रेस पार्टी के लिए क्या सक्रियता है? क्या आप कांग्रेस पार्टी के किसी प्रोग्राम में शामिल हुए? आप राजस्थान के पर्ची सीएम के साथ मिलकर कांग्रेस पार्टी के लिए स्लिपर शेल का काम कर रहे हैं, कांग्रेस पार्टी के हर कार्यकर्ता को आप में कमल का फूल दिखाई दे रहा है। हम सभी कांग्रेस पार्टी के संघर्षशील कार्यकर्ता हमारे ऊर्जावान अध्यक्ष के साथ खड़े हैं। --- ये खबर भी पढ़ें… विश्वेंद्र सिंह बोले-डोटासरा इस्तीफा दें या इन्हें पार्टी से निकालें:शिक्षा मंत्री रहते हुए रीट में धांधली की, बेटे-बहू को RAS इंटरव्यू में 80-80 नंबर दिलवाए पूर्व मंत्री विश्वेंद्र सिंह ने कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा पर गंभीर आरोप लगाए हैं। विश्वेंद्र सिंह ने डोटासरा पर शिक्षा मंत्री रहते रीट में धांधली करवाने और सत्ता का मिसयूज कर बेटे, बहू और रिश्तेदारों को RAS इंटरव्यू में 80-80 नंबर दिलावाने के आरोप लगाए। (पूरी खबर पढ़ें)
फिरोजाबाद में बीएसएनएल और एमटीएनएल के पेंशनर्स ने बिना वाउचर मिलने वाला मासिक मेडिकल भत्ता बंद किए जाने के विरोध में गुरुवार सुबह 11 बजे बीएसएनएल कार्यालय पर धरना-प्रदर्शन किया। पेंशनर्स का कहना है कि उन्हें चिकित्सा संबंधी जरूरतों के लिए अब तक एक हजार रुपये प्रतिमाह यानी 12 हजार रुपये सालाना की राशि दी जाती थी। अब बीएसएनएल कॉरपोरेट कार्यालय की ओर से 28 सितंबर को जारी पत्र में इस सुविधा को एक अक्टूबर 2026 से बंद करने के निर्देश दिए गए हैं। पेंशनर्स ने कहा कि 12 हजार रुपये सालाना की राशि भी मौजूदा महंगाई और दवाओं के खर्च के सामने बेहद कम है। इसे बढ़ाने के बजाय बंद किया जाना उनके लिए परेशानी बढ़ाने वाला निर्णय है। सेवानिवृत्ति के बाद बड़ी संख्या में पेंशनर्स दूरदराज के गांवों में रहते हैं, जहां बीएसएनएल के पैनल वाले अस्पताल उपलब्ध नहीं हैं। ऐसे में यह राशि नियमित दवाओं की खरीद में कुछ राहत देती थी। पेंशनर्स संगठनों ने कहा कि कई सर्किलों में वाउचर के आधार पर होने वाले मेडिकल बिलों का भुगतान भी 12 से 24 महीने तक लंबित रहता है। वहीं, लंबे समय से पेंशन पुनरीक्षण नहीं होने के कारण पेंशनर्स पहले से आर्थिक दबाव में हैं। संयुक्त समिति ने बीएसएनएल के सीएमडी को पत्र भेजकर 28 सितंबर के आदेश को तत्काल वापस लेने की मांग की है। संगठनों ने चेतावनी दी है कि मांग पूरी नहीं होने पर एक अक्टूबर को सभी स्तरों पर विरोध प्रदर्शन और सात अक्टूबर को ब्लैक बैज प्रदर्शन किया जाएगा। समिति ने बताया कि यह विरोध देशभर के करीब 4.5 लाख बीएसएनएल/एमटीएनएल पेंशनर्स की ओर से किया जा रहा है।
राजगढ़ जिले के खिलचीपुर में भाजपा पार्षद संदीप शर्मा ने रुके विकास कार्य शुरू कराने की मांग को लेकर गुरुवार सुबह पदयात्रा शुरू की। वार्ड-5 के पार्षद खिलचीपुर के तोपखाना गेट से करीब 20 किलोमीटर पैदल चलकर राजगढ़ कलेक्टर कार्यालय जाएंगे और कलेक्टर को ज्ञापन सौंपेंगे। उन्होंने 7 दिन में काम शुरू नहीं होने पर आमरण अनशन की चेतावनी दी है। बोले- भाजपा के विरोध में नहीं, विकास के लिए पदयात्रा संदीप शर्मा ने कहा कि वे भाजपा के सक्रिय कार्यकर्ता हैं और पार्टी के सिंबल पर पार्षद चुने गए हैं। उन्होंने कहा कि पदयात्रा भाजपा के विरोध में नहीं, बल्कि खिलचीपुर के रुके विकास कार्य शुरू कराने के लिए है। उनके साथ कुछ स्थानीय लोग भी पदयात्रा में शामिल हुए। एक युवक महाराणा प्रताप की तस्वीर लेकर चल रहा था, जबकि शर्मा के हाथ में कलेक्टर के नाम का आवेदन था। उन्होंने करीब 3 घंटे में राजगढ़ पहुंचने की बात कही। शर्मा ने कहा कि प्रदेश में भाजपा की सरकार है और नगर परिषद के खाते में करीब 14 करोड़ रुपए होने के बावजूद विकास कार्य आगे नहीं बढ़ रहे हैं। उन्होंने कहा कि भाजपा विधायक और नगर परिषद में भाजपा अध्यक्ष होने के बावजूद विकास कार्यों के लिए उन्हें कलेक्टर तक पैदल जाना पड़ रहा है। 10 महीने से सीएमओ पर उदासीनता का आरोप पार्षद ने सीएमओ देव नारायण दांगी पर करीब 10 महीने से विकास कार्यों में उदासीनता बरतने का आरोप लगाया। उनके मुताबिक वार्ड 1 से 15 तक सड़क, नाली, पेवर्स, दुकानें, बस स्टैंड और मां गाड़गंगा नदी की सफाई समेत कई काम अटके हुए हैं। उन्होंने कहा कि कई कार्यों के प्रस्ताव हो चुके हैं, लेकिन टेंडर जारी नहीं हुए। कुछ कामों के वर्क ऑर्डर और कई प्रस्तावों की डीएस प्रक्रिया भी लंबित है। टेंडर और वर्क ऑर्डर जारी करने की मांग शर्मा ने रुके हुए टेंडर जारी करने, लंबित वर्क ऑर्डर देने और जिन प्रस्तावों की डीएस प्रक्रिया बाकी है, उसे पूरा कराने की मांग की। उन्होंने पार्षदों के साथ भेदभावपूर्ण कार्रवाई बंद करने की भी मांग की। उन्होंने सवाल उठाया कि जब नगर में विकास के लिए राशि उपलब्ध है तो काम क्यों नहीं हो रहे और सीएमओ पर किसका दबाव है। घटिया सड़क निर्माण की जांच का भी मुद्दा शर्मा ने पहले हुए कुछ सड़क निर्माण कार्यों की गुणवत्ता पर भी सवाल उठाए। उनका कहना है कि घटिया निर्माण की जांच के बाद कुछ ठेकेदारों से वसूली की कार्रवाई की गई थी, लेकिन संबंधित राशि अब तक जमा नहीं हुई है। 7 दिन का अल्टीमेटम, आमरण अनशन की चेतावनी शर्मा कलेक्टर को ज्ञापन देकर 7 दिन में रुके विकास कार्य शुरू कराने की मांग करेंगे। उन्होंने कहा कि तय समय में काम शुरू नहीं हुए तो वे आमरण अनशन करेंगे। उन्होंने दोहराया कि पदयात्रा भाजपा के खिलाफ नहीं, बल्कि खिलचीपुर के विकास कार्य शुरू कराने के लिए है।
सीएम योगी ने गुरुवार को लखनऊ में 26 जांबाज पुलिसकर्मियों को मेडल दिए। 10 पुलिसकर्मियों को सीएम वीरता पदक और 16 को वीरता पदक मिला। शहीद इंस्पेक्ट सुनील कुमार की पत्नी मुनेश देवी को भी सम्मानित किया। सीएम ने पूर्व डीजीपी प्रकाश सिंह की पुस्तक ‘संघर्ष’ का विमोचन भी किया। इस दौरान पूर्व डीजीपी को फोन करने की औपचारिकता पर एडिशनल चीफ सेक्रेटरी होम संजय प्रसाद की खिंचाई की। कहा- यह औपचारिकता के कारण ही आप लोग कटघरे में खड़े होते हैं। औपचारिकता की रस्में खत्म करो और पूरी तैयारी के साथ कार्यक्रम किया करो। सीएम ने कहा- शॉर्टकट का रास्ता जब भी व्यक्ति अपनाने का प्रयास करता है, तो वह प्रगति का नहीं, दुर्गति का ही कारण बनता है। व्यक्ति के सामने पहचान का संकट खड़ा करता है। यही तो यूपी के सामने था। क्या स्थिति थी 2017 के पहले? यूपी वाला कहकर लोग पहले ही उसको बाहर कर देते थे। सीएम ने संजय प्रसाद की खिंचाई क्यों की, पढ़िए योगी की बड़ी बातें पढ़िए 1- सुरक्षा हटे तो भीगी बिल्ली बनने में देर नहीं सीएम योगी ने कहा- बंद कमरे में बैठकर किसी पर टिप्पणी करना आसान है, लेकिन वहां चिंतन तभी संभव है, जब बाहर सुरक्षा हो। कोई व्यक्ति कितना भी बड़ा क्यों न हो और उसे अपने पद का कितना भी गुरूर हो, सुरक्षा हटा दी जाए तो अराजकता के माहौल में उसे भीगी बिल्ली बनने में देर नहीं लगेगी। 2- दंगों और कर्फ्यू से जूझता था प्रदेश 2017 से पहले पुलिसकर्मियों को टूटे भवनों में रहना पड़ता था। पूरे साल में केवल 6 हजार पुलिसकर्मियों को प्रशिक्षण देने की क्षमता थी। पीएसी की वाहिनियां समाप्त कर दी गई थीं। कोसीकलां, मेरठ, अलीगढ़ और मुजफ्फरनगर समेत कई जगहों पर दंगे हुए और लंबे समय तक कर्फ्यू लगा। उत्तर प्रदेश पहचान के संकट से जूझ रहा था। 2017 के बाद प्रदेश को पॉलिसी पैरालिसिस से बाहर निकालकर पुलिस सुधारों की दिशा में काम शुरू हुआ। 3- 14 लाख से अधिक कैमरों से निगरानी पुलिस कमिश्नरेट प्रणाली की मांग लंबे समय से लंबित थी। आज प्रदेश में 7 पुलिस कमिश्नरेट काम कर रहे हैं। सुरक्षित शहर की दिशा में 14 लाख से अधिक कैमरे लगाए गए हैं। ये कैमरे घटनाओं के खुलासे के साथ उनकी रोकथाम में भी मदद कर रहे हैं। जिलों में इंटीग्रेटेड कमांड एंड कंट्रोल सेंटर बनाए गए हैं। अपराध और अपराधियों के प्रति सरकार की जीरो टॉलरेंस नीति को यूपी पुलिस आगे बढ़ा रही है। कोविड के करीब ढाई से तीन वर्षों में उत्तर प्रदेश में लगभग 24 हजार लोगों की मृत्यु हुई थी, जबकि सड़क दुर्घटनाओं में हर साल 23 से 24 हजार लोगों की जान चली जाती है। तकनीक के इस्तेमाल से सड़क हादसों में होने वाली मौतों को नियंत्रित किया जा सकता है। 4- इंस्पेक्टर सुनील कुमार ने अदम्य साहस दिखाया था सीएम योगी ने शहीद एसटीएफ इंस्पेक्टर सुनील कुमार की वीरता को नमन किया। कहा- यूपी पुलिस को पहली बार कीर्ति चक्र मिला है। 22 जनवरी 2025 को चार दुर्दांत अपराधियों के साथ मुठभेड़ में उन्होंने अदम्य साहस दिखाया था। गोली लगने के बाद इलाज के दौरान उनका निधन हो गया। पूर्व डीजीपी बोले- माफिया पर पुलिस का दबाव बढ़ाया था पूर्व डीजीपी प्रकाश सिंह ने कहा कि रिटायरमेंट के कई साल बाद उन्होंने अपने अनुभवों को किताब में लिखने का फैसला किया। मैंने नागालैंड, असम, पंजाब और उत्तर प्रदेश में अपनी नौकरी के दौरान आई चुनौतियों का जिक्र किया है। यूपी में उनके कार्यकाल के दौरान माफिया पर पुलिस का दबाव बढ़ाया गया था। आखिरी में इंस्पेक्टर सुनील कुमार के बारे में जानिए 20 जनवरी 2025 को शामली के झिंझाना क्षेत्र में हुई मुठभेड़ में शहीद हुए थे। उन्होंने चार अपराधियों को मार गिराया था। मुठभेड़ में इंस्पेक्टर के पेट में दो गोलियां लगी थीं। सुनील कुमार को गुरुग्राम के मेदांता अस्पताल ले जाया गया। आखिरकार 36 घंटे तक जिंदगी और मौत से जूझने के बाद इंस्पेक्टर सुनील कुमार ने अंतिम सांस ली। इंस्पेक्टर सुनील मेरठ में इंचौली के मसूरी गांव के रहने वाले थे।
DM ने संचारी रोग अभियान रैली को हरी झंडी दिखाई:उन्नाव में 1 से 31 अक्टूबर तक लोगों को करेंगे जागरूक
उन्नाव में संचारी रोगों की रोकथाम और लोगों को जागरूक करने के लिए गुरुवार से विशेष संचारी रोग अभियान के तीसरे चरण की शुरुआत हुई। जिला अस्पताल परिसर में सुबह करीब 11 बजे डीएम घनश्याम मीणा ने जागरूकता रैली को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। अभियान एक अक्टूबर से 31 अक्टूबर तक चलेगा। इस दौरान स्वास्थ्य विभाग की टीमें लोगों को संचारी और वेक्टर जनित रोगों से बचाव के प्रति जागरूक करेंगी। डीएम ने कहा कि अभियान का मुख्य उद्देश्य जिले के अधिक से अधिक परिवारों और लोगों को संचारी रोगों के प्रति जागरूक करना है, ताकि लोग स्वयं और अपने बच्चों को स्वस्थ रख सकें। उन्होंने कहा कि डेंगू, मलेरिया समेत अन्य वेक्टर जनित बीमारियों के साथ ही पानी से होने वाली बीमारियों की रोकथाम के लिए जागरूकता बेहद जरूरी है। उन्होंने कहा कि इन बीमारियों से बचाव के लिए लोगों को अपने आसपास का वातावरण साफ रखना होगा। घरों और आसपास कहीं भी पानी जमा नहीं होने देना चाहिए। पुराने टायर, बर्तन अथवा ऐसी अन्य वस्तुओं में पानी जमा होने पर उसे तत्काल हटाना चाहिए। जलभराव वाले स्थानों पर मच्छरों का लार्वा पनपने की आशंका रहती है। ऐसे में नियमित सफाई और पानी की निकासी कराकर मच्छरों के प्रजनन को रोका जा सकता है। जलनिकासी के बिंदुओं का जायजा डीएम ने हाल में हुई बारिश के बाद शहर में जलभराव और जलनिकासी की स्थिति को लेकर किए गए निरीक्षण का भी उल्लेख किया। उन्होंने बताया कि बारिश के दौरान नगर क्षेत्र का भ्रमण कर जलनिकासी के बिंदुओं का जायजा लिया गया था। इसके बाद व्यापक स्तर पर इंतजाम किए गए और अधिकतर स्थानों से पानी निकाल दिया गया है। उन्होंने कहा कि अभी भी कहीं से जलभराव या जलनिकासी को लेकर शिकायतें मिल रही हैं तो प्रशासन उसका तत्काल संज्ञान लेकर कार्रवाई कर रहा है। अभियान के दौरान लोगों से अपील की जाएगी कि वे बीमारी फैलने की संभावनाओं वाले स्थानों की जानकारी संबंधित विभाग को दें और साफ-सफाई में सहयोग करें। अभियान के तहत स्वास्थ्य विभाग की टीमें लोगों को मच्छरजनित रोगों से बचाव, स्वच्छता, जलभराव रोकने और सुरक्षित पेयजल के प्रति जागरूक करेंगी। अधिकारियों के मुताबिक सामूहिक प्रयास से संचारी रोगों के प्रसार को काफी हद तक रोका जा सकता है।
पलवल की आईटीआई कॉलोनी में बच्चे की कस्टडी को लेकर हुए विवाद में जीजा रवि ने अपने साले दीपक अज्ञी पर देसी कट्टे से गोली चला दी। फायरिंग में दीपक बाल-बाल बच गया। कैंप थाना पुलिस ने मौके से रवि और उसके दोस्त डॉ. संपत को देसी कट्टे, दो जिंदा कारतूस और एक खाली खोल के साथ गिरफ्तार किया है। कैंप थाना प्रभारी कृष्ण गोपाल के अनुसार, दीपक की बहन मीनाक्षी का पति रवि से कई साल से विवाद चल रहा है। उनका मामला कोर्ट में भी पेंडिंग है। मीनाक्षी पिछले चार साल से अपने 6-7 साल के बेटे उत्कर्ष के साथ मायके में रह रही है। पुलिस ने जांच शुरू की सोमवार की रात रवि अपने दोस्त के साथ दीपक के घर में घुस आया और बच्चे को छीनने की कोशिश की। दीपक के पहुंचने पर रवि ने उस पर जान से मारने की नीयत से फायर किया। परिजनों ने दोनों आरोपियों को नशे की हालत में पकड़कर पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
हनुमानगढ़ में पल्लू धाम परिवार की ओर से 4 अक्टूबर को पंचम मंगलपाठ महोत्सव और दिव्य ज्योति दर्शन कार्यक्रम होगा। यह आयोजन टाउन स्थित चिल्ड्रन स्कूल के सामने कामधेनु सत्संग भवन में 'एक शाम मां ब्रह्माणी के नाम' थीम पर होगा। कार्यक्रम के प्रचार के लिए गुरुवार को एक रथ रवाना किया गया। आयोजकों के अनुसार, महोत्सव पल्लू धाम के पुजारी गोरधन भाटी की देखरेख में होगा, जिसमें दूर-दूर से श्रद्धालु आएंगे। मंगलपाठ पवन रोड़ा और राकेश रोड़ा, सरदारशहर करेंगे। पल्लू धाम से मां की अखंड ज्योत भी लाई जाएगी, जिसके दिव्य ज्योति दर्शन श्रद्धालु कर सकेंगे।कार्यक्रम में शाम 6.15 बजे से महाप्रसाद का वितरण किया जाएगा। आयोजकों ने बताया कि यह आयोजन शहर की खुशहाली और सुख-समृद्धि की कामना के लिए लगातार 5 साल से हो रहा है। रथ रवाना करते समय विनोद बंसल, प्रियंका भाकर और पल्लू धाम परिवार के अन्य सदस्य व भक्त मौजूद रहे।
सलूंबर जिले में स्वास्थ्य सेवाएं मजबूत करने और मरीजों को बेहतर सुविधाएं देने के लिए जिला कलेक्टर मुहम्मद जुनैद ने स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए। जिला स्वास्थ्य समिति की बैठक में चिकित्सा संस्थानों की समीक्षा की गई। समीक्षा में मानव संसाधन, विशेषज्ञ डॉक्टर, उपकरण, मातृ-शिशु स्वास्थ्य सेवाएं और आपातकालीन व्यवस्थाएं शामिल रहीं। हाईवे क्षेत्रों पर ट्रोमा सेंटर का प्रस्ताव बैठक में सीएमएचओ ने जिले में ट्रोमा सेंटर की जरूरत बताई। इस पर कलेक्टर ने उपयुक्त जगह चिह्नित कर प्रस्ताव तैयार करने के निर्देश दिए। उन्होंने हाईवे और दुर्घटना संभावित क्षेत्रों को ध्यान में रखने को कहा। खासकर परसाद और पलौदड़ा में ट्रोमा सेंटर की जरूरत और संभावित जगह का आकलन करने के निर्देश दिए। एफआरयू झाड़ोल का भवन निर्माणाधीन है। इसलिए वहां तैनात स्त्री रोग विशेषज्ञ, बाल रोग विशेषज्ञ और निश्चेतक (एनेस्थीसिया विशेषज्ञ) की सेवाओं का सही उपयोग करने के निर्देश दिए गए। साथ ही जिला अस्पताल सलूंबर सहित दूसरे संस्थानों में जरूरत के हिसाब से विशेषज्ञ डॉक्टरों की सेवाएं उपलब्ध कराने पर जोर दिया गया। मातृ मृत्यु के दो प्रकरणों पर जांच कलेक्टर ने रठौड़ा में हाल की घटना और लसाड़िया के कालीभीत में हुई मातृ मृत्यु के प्रकरण को गंभीरता से लिया। उन्होंने अधिकारियों को दोनों प्रकरणों की जांच कर जिम्मेदारी तय करने के निर्देश दिए। किसी स्तर पर लापरवाही सामने आने पर नियमानुसार कार्रवाई करने को कहा गया। डीएमएफटी की दो सोनोग्राफी मशीनें लसाड़िया और चावंड में लगेंगी डीएमएफटी के तहत जिले को दो सोनोग्राफी मशीनें मिली हैं। इन्हें सीएचसी लसाड़िया और सैटेलाइट अस्पताल चावंड में लगाकर जल्द शुरू करने के निर्देश दिए गए। इससे ग्रामीण और दूरस्थ क्षेत्रों के मरीजों को स्थानीय स्तर पर जांच सुविधा मिल सकेगी। दो दिन में पोर्टल अपडेट, हर संस्थान की मॉनिटरिंग सभी बीसीएमओ, पीएमओ और चिकित्सा अधिकारियों को राजहेल्थ पोर्टल पर संस्थानों की जरूरी जानकारी दो दिन में अपडेट करने के निर्देश दिए गए। कैमरे और बायोमेट्रिक मशीन की व्यवस्था, कर्मचारियों की उपस्थिति, उपकरणों की उपलब्धता और मरीजों को मिल रही सुविधाओं की नियमित मॉनिटरिंग पर भी जोर दिया गया। इसके अलावा ये निर्देश भी दिए गए-
इंदौर क्राइम ब्रांच ने फर्जी दस्तावेजों के आधार पर लाखों रुपए की धोखाधड़ी और रकम हड़पने के मामले में एफआईआर दर्ज की है। अपराध शाखा ने चोला मंडल फाइनेंस कंपनी के पूर्व कर्मचारी और उसके साथियों के खिलाफ केस दर्ज किया है। राऊ निवासी हर्ष शर्मा ने मामले की शिकायत की थी। शिकायत के अनुसार, 2023 में उनकी मुलाकात प्रॉपर्टी ब्रोकर गौरव खंडेलवाल से हुई थी। गौरव ने उनकी मुलाकात सुरेंद्र नाथ ओझा उर्फ नवीन ओझा से कराई, जिसे चोला मंडल फाइनेंस का बड़ा अधिकारी बताया गया था। 25 लाख के प्लॉट पर 2.05 करोड़ लोन व्यापार के लिए लोन की जरूरत होने पर आरोपियों ने हर्ष को तिलक नगर मुक्तिधाम के पास एक प्लॉट दिखाया। उन्होंने इस प्लॉट पर बड़ा लोन दिलाने की बात कही। आरोप है कि आरोपियों ने कंपनी के दूसरे अधिकारियों के साथ मिलकर प्लॉट की फर्जी सर्च और वैल्यूएशन रिपोर्ट तैयार कराई। 20 से 25 लाख रुपए कीमत वाले इस प्लॉट की फर्जी रिपोर्ट के आधार पर हर्ष के नाम पर 2 करोड़ 5 लाख रुपए का लोन पास कराया गया। स्टाम्प ड्यूटी के नाम पर 30.75 लाख लोन पास होने के बाद आरोपियों ने स्टाम्प ड्यूटी और RTGS के नाम पर हर्ष से 28 लाख 75 हजार रुपए बैंक खाते में और 2 लाख रुपए नकद लिए। इस तरह उनसे कुल 30 लाख 75 हजार रुपए ले लिए गए। लोन बंद कराने पर खुला मामला मामले का खुलासा तब हुआ, जब हर्ष ने लोन बंद कराने की बात की। जांच में पता चला कि जिस प्लॉट की कीमत 20 से 25 लाख रुपए थी, उसकी फर्जी रिपोर्ट बनाकर 2.05 करोड़ रुपए का लोन पास कराया गया था। यह भी सामने आया कि नवीन ओझा कंपनी का अधिकारी नहीं था, बल्कि लोन एजेंट था। धोखाधड़ी की शिकायतों के चलते कंपनी उसे पहले ही निकाल चुकी थी। हर्ष ने जब अपनी रकम वापस मांगी तो सुरेंद्र नाथ ओझा ने पैसे लौटाने से इनकार कर दिया। आरोप है कि उसने हर्ष को जान से मारने और गुंडों से खत्म करवाने की धमकी भी दी। क्राइम ब्रांच ने जांच के बाद आरोपियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर ली है।
भदोही में ज्ञानपुर जिला अस्पताल के गेट के सामने गर्भवती महिला के सड़क पर प्रसव के मामले में प्रशासन ने कार्रवाई की है। इमरजेंसी सेवा में तैनात एक डॉक्टर की सेवा समाप्त कर दी गई है। एक स्त्री रोग विशेषज्ञ का वेतन रोक दिया गया है, जबकि एक स्टाफ नर्स का तबादला किया गया है। एक अन्य स्टाफ नर्स का तीन दिन का वेतन भी रोकने की कार्रवाई हुई है। इसके अलावा सीएमएस और महिला चिकित्सक के खिलाफ कार्रवाई के लिए शासन को पत्र भेजा गया है। यह घटना मंगलवार को ज्ञानपुर जिला अस्पताल के गेट के सामने हुई थी। यहां एक महिला ने सड़क पर बच्चे को जन्म दिया था। आरोप है कि मुसहर जाति की प्रसूता को अस्पताल में भर्ती नहीं किया गया और उसे रेफर कर दिया गया था। इसके बाद महिला ने अस्पताल के गेट के सामने सड़क पर ही बच्चे को जन्म दे दिया। घटना के सामने आने के बाद स्वास्थ्य विभाग की कार्यप्रणाली पर सवाल उठे थे। जच्चा-बच्चा को अस्पताल में कराया भर्ती मामले की जानकारी मिलने पर सीएमओ डॉ. संतोष कुमार चक मौके पर पहुंचे। उन्होंने नाराज परिजनों को समझाया और इसके बाद जच्चा-बच्चा को अस्पताल में भर्ती कराया गया। घटना की गंभीरता को देखते हुए सीएमओ ने मामले की जांच के लिए एक कमेटी गठित की थी। कमेटी ने मामले की जांच कर अपनी रिपोर्ट अधिकारियों को सौंपी। जांच रिपोर्ट के आधार पर डीएम के निर्देश पर कार्रवाई जांच कमेटी की रिपोर्ट के आधार पर जिलाधिकारी के निर्देश पर कार्रवाई की गई है। जिला अस्पताल की इमरजेंसी सेवा में तैनात डॉक्टर की सेवा खत्म कर दी गई। एक स्त्री रोग विशेषज्ञ का वेतन रोक दिया गया, जबकि एक स्टाफ नर्स का तबादला किया गया है। दूसरी स्टाफ नर्स का तीन दिन का वेतन रोकने की कार्रवाई हुई है। वहीं, सीएमएस और महिला चिकित्सक के खिलाफ आगे की कार्रवाई के लिए शासन को पत्र भेजा गया है।
तुलसी पीठाधीश्वर जगद्गुरु रामभद्राचार्य की ओर से ब्राह्मण समाज की कुछ उपजातियों को लेकर दिए गए बयान के मामले में कानूनी कार्रवाई शुरू हो गई है। प्रयागराज की ACJM कोर्ट संख्या-8 ने मामले में केस दर्ज करने का आदेश दिया है। कोर्ट ने नोटिस जारी करते हुए आगे की कानूनी प्रक्रिया शुरू करने के निर्देश दिए हैं। मामला रामभद्राचार्य के एक वायरल वीडियो से जुड़ा है। वीडियो में उन्होंने ब्राह्मण समाज की कुछ उपजातियों का जिक्र करते हुए टिप्पणी की थी। बताया गया कि उन्होंने उपाध्याय, पाठक, चौबे, त्रिगुणायक और दीक्षित जैसी उपजातियों को लेकर कहा था कि ब्राह्मण समाज इन उपजातियों में अपनी बेटियों की शादी नहीं करता। वाराणसी के रमेश उपाध्याय जताई आपत्ति बयान सामने आने के बाद वाराणसी निवासी रमेश उपाध्याय ने इस पर आपत्ति जताई। उनका आरोप है कि इस तरह की टिप्पणी से उनके समाज और समुदाय की भावनाएं आहत हुईं और मानहानि हुई। रमेश उपाध्याय की ओर से पहले पुलिस और अन्य कानूनी मंचों पर कार्रवाई का प्रयास किया गया। इसके बाद उन्होंने अदालत का रुख किया। कोर्ट ने केस दर्ज करने का आदेश दिया याचिका और उपलब्ध तथ्यों पर सुनवाई के बाद ACJM कोर्ट संख्या-8 ने मामले में केस दर्ज करने का आदेश दिया। इसके साथ ही कोर्ट ने नोटिस जारी किया है। अब मामले में आगे की कानूनी प्रक्रिया होगी और संबंधित पक्षों को अपना पक्ष रखने का अवसर मिलेगा। रामभद्राचार्य के बयान के बाद धार्मिक और सामाजिक स्तर पर भी चर्चा शुरू हो गई थी। अब अदालत की ओर से केस दर्ज करने के आदेश के बाद मामले ने कानूनी रूप ले लिया है। परिवाद दाखिल करने वाले रमेश उपाध्याय का आरोप हे कि जगद्गुरु रामभद्राचार्य के बयान से समाज और समुदाय की भावनाओं को गहरी ठेस पहुंची है। वे इस मामले को लेकर पहले प्रशासन और पुलिस के पास गए थे। प्रयास के बाद भी मामला दर्ज नहीं हुआ तो उन्होंने अदालत का रुख किया। परिवाद में क्या कहा जानिये परिवाद दाखिल करने वाले रमेश उपाध्याय भारतीय किसान सेना लोकतांत्रिक पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष हैं। उनका कहना है कि 3 फरवरी 2024 को वृंदावन में भगवत कथा के दौरान ब्राह्मणों पर अभद्र टिप्पणी की गई। कहा कि जगद्गुरु रामभद्राचार्य संत हैं, लोग उनकी पूजा करते हैं। उनके बयान से उपाध्याय समाज को लोग हेय दृष्टि से देखने लगे। लड़के लड़कियों की शादी में बाधा आने लगी। रमेश उपाध्याय का कहना है कि इस मामले को लेकर वे 22 मई 2025 को पुलिस कमिश्नर प्रयागराज से मिले थे। उन्हें प्रार्थना पत्र दिया था। डॉक के माध्यम से भी प्रार्थना पत्र दिया लेकिन कोई कार्रवाई नहीं की गई।
रीवा में चुनाव आयोग और मतदाता सूची से जुड़े मुद्दों को लेकर कांग्रेस ने गुरुवार को रीवा में विरोध प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के दौरान एक युवक को मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) ज्ञानेश कुमार की वेशभूषा में तैयार किया गया। उसके हाथों में हथकड़ी लगाई गई और कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने उसे जुलूस के साथ शहर में घुमाया। इस दौरान चुनाव आयोग के खिलाफ नारेबाजी भी की गई। कांग्रेस कार्यकर्ताओं का कहना था कि चुनाव प्रक्रिया और मतदाता सूची को लेकर पार्टी लगातार सवाल उठा रही है। कांग्रेस ने आरोप लगाया कि चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली को लेकर देशभर में सवाल खड़े हो रहे हैं। इसी मुद्दे को लेकर रीवा में प्रदर्शन किया गया। युवक को CEC की वेशभूषा में तैयार किया प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने एक युवक को CEC ज्ञानेश कुमार की वेशभूषा में तैयार किया। उसके हाथों में हथकड़ी लगाई गई और जुलूस के दौरान उसे आगे ले जाया गया। कार्यकर्ताओं ने इस दौरान चुनाव आयोग के खिलाफ नारे लगाए। कांग्रेस नेताओं ने चुनाव प्रक्रिया में पारदर्शिता और मतदाता सूची से जुड़े मामलों पर स्थिति स्पष्ट करने की मांग की। महापौर बोले- चुनाव प्रक्रिया पर स्थिति स्पष्ट हो महापौर अजय मिश्रा बाबा ने कहा कि कांग्रेस के अनुसार चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली को लेकर गंभीर सवाल उठे हैं। उन्होंने कहा कि चुनाव प्रक्रिया की पारदर्शिता को लेकर देश की जनता के सामने स्थिति स्पष्ट होनी चाहिए। जिलाध्यक्ष बोले- गड़बड़ी को लेकर जवाबदेही जरूरी कांग्रेस जिलाध्यक्ष इंजीनियर राजेंद्र शर्मा ने कहा कि उनके अनुसार चुनाव आयोग से जुड़े लोगों की ओर से भी कुछ गड़बड़ियों को स्वीकार किए जाने की बात सामने आई है। उन्होंने कहा कि इससे चुनाव प्रक्रिया को लेकर उठ रहे सवालों पर जवाबदेही और पारदर्शिता की मांग और महत्वपूर्ण हो जाती है। पुलिस बल भी रहा मौजूद प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने केंद्र सरकार और चुनाव आयोग के खिलाफ नारेबाजी की। जुलूस के दौरान पुलिस बल भी मौके पर मौजूद रहा। कांग्रेस नेताओं ने कहा कि चुनाव और मतदाता सूची से जुड़े मुद्दों को लेकर पार्टी आगे भी विरोध दर्ज कराती रहेगी। चुनाव आयोग की ओर से SIR और मतदाता सूची से जुड़े विवादों पर अपनी प्रक्रियाओं को लेकर अलग पक्ष रखा गया है।
पीथमपुर के शासकीय महाविद्यालय में डॉ. रामेंद्र सिंह तोमर के सेवानिवृत्त होने पर विदाई समारोह आयोजित किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता प्राचार्य डॉ. विनोद खत्री ने की। प्राचार्य डॉ. खत्री ने बताया कि डॉ. तोमर ने सीमित समय में भी खेल विभाग को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाया। उन्होंने विद्यार्थियों में खेल भावना, अनुशासन और प्रतिस्पर्धा विकसित की। समारोह में डॉ. तोमर की पत्नी, माता-पिता और परिवार के अन्य सदस्य मौजूद थे। सहकर्मियों ने उनके सरल स्वभाव और सहयोगी कार्यशैली की तारीफ की। उन्हें पुष्पमाला, शॉल, श्रीफल और स्मृति चिह्न भेंट कर सम्मानित किया गया। डॉ. तोमर ने कहा कि महाविद्यालय परिवार से मिला यह सम्मान उनके जीवन की अमूल्य धरोहर रहेगा। उन्होंने विद्यार्थियों की खेल प्रतिस्पर्धा और स्टाफ के व्यवहार को याद किया। कार्यक्रम का संचालन प्रशासनिक अधिकारी डॉ. अनीता मालवीय ने किया। इस दौरान कॉलेज का पूरा स्टाफ और बड़ी संख्या में विद्यार्थी मौजूद थे।
दुर्गापूजा, दीपावली और छठ पर यात्रियों की भीड़ को देखते हुए रेलवे ने हावड़ा से खातीपुरा (जयपुर) के बीच साप्ताहिक स्पेशल ट्रेन चलाने का फैसला किया है। यह ट्रेन अक्टूबर से नवंबर तक चलेगी और न्यू गिरिडीह स्टेशन पर भी रुकेगी। ट्रेन संख्या 03007 हावड़ा-खातीपुरा स्पेशल 11 अक्टूबर से 29 नवंबर तक आठ फेरे लगाएगी। वहीं, 03008 खातीपुरा-हावड़ा स्पेशल 13 अक्टूबर से 1 दिसंबर तक आठ फेरे लगाएगी। कोडरमा सांसद प्रतिनिधि मुकेश जालान के अनुसार, 03007 सोमवार सुबह करीब 5.53 बजे न्यू गिरिडीह पहुंचेगी। वापसी में 03008 मंगलवार रात करीब 10.20 बजे न्यू गिरिडीह से रवाना होगी। इस ट्रेन में चार थर्ड एसी, 10 द्वितीय शयनयान और छह साधारण श्रेणी के डिब्बे होंगे। त्योहारों में यात्रियों को घर आने-जाने में इससे काफी राहत मिलेगी।
पानीपत जिला नागरिक अस्पताल से वीरवार सुबह एचआईवी-एड्स और नशे के दुष्प्रभावों के प्रति लोगों को जागरूक करने के लिए एक जागरूकता बाइक रैली निकाली गई। इस रैली को शिक्षा मंत्री महिपाल ढांढा के भाई हरपाल ढांढा ने हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इस दौरान स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों और चिकित्सकों ने लोगों को नशे से दूर रहने तथा एचआईवी-एड्स से बचाव के प्रति जागरूक रहने का संदेश दिया। जिला नागरिक अस्पताल से शुरू हुई बाइक रैली शहर के विभिन्न मार्गों से होते हुए संजय चौक पहुंची। इसके बाद रैली सचिवालय के सामने से गुजरते हुए वापस जिला नागरिक अस्पताल पहुंची, जहां इसका समापन किया गया। बाइक रैली में स्वास्थ्य विभाग से जुड़े कर्मचारियों और अन्य लोगों ने भाग लिया। रैली के दौरान एचआईवी-एड्स से बचाव और नशे के खिलाफ जागरूकता संबंधी संदेश दिए गए। रैली के शुभारंभ के दौरान जिला नागरिक अस्पताल के सीएमओ डॉ. विजय मलिक समेत अस्पताल के अन्य चिकित्सक भी मौजूद रहे। चिकित्सकों ने कहा कि एचआईवी-एड्स और नशे जैसी समस्याओं से निपटने के लिए केवल उपचार ही नहीं, बल्कि लोगों में जागरूकता पैदा करना भी जरूरी है। सही जानकारी और सावधानी के माध्यम से एचआईवी संक्रमण से बचाव किया जा सकता है, जबकि नशे से दूर रहकर युवा अपने स्वास्थ्य और भविष्य को सुरक्षित रख सकते हैं। स्वास्थ्य विभाग की ओर से आयोजित इस जागरूकता अभियान का उद्देश्य लोगों तक यह संदेश पहुंचाना रहा कि एचआईवी-एड्स को लेकर किसी तरह का भ्रम या भेदभाव नहीं होना चाहिए। इसके साथ ही युवाओं को नशे से दूर रहने और स्वस्थ जीवनशैली अपनाने के लिए प्रेरित किया गया।
अमरोहा जनपद में गुरुवार सुबह 11 बजे विशेष संचारी रोग नियंत्रण अभियान शुरू हुआ। यह अभियान 1 अक्टूबर से 31 अक्टूबर तक चलेगा। मुख्य चिकित्सा अधिकारी कार्यालय परिसर से प्रचार गाड़ियों को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया गया। ये वाहन शहर और ग्रामीण इलाकों में घूमकर डेंगू, मलेरिया, चिकनगुनिया और दिमागी बुखार जैसे संचारी रोगों के प्रति लोगों को जागरूक करेंगे। साथ ही बचाव के तरीके भी बताएंगे। इस मौके पर मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. रामकांत सागर और नगर पालिका चेयरमैन शशि जैन मौजूद रहीं। उनके साथ स्वास्थ्य विभाग के अन्य अधिकारी और कर्मचारी भी उपस्थित थे। सीएमओ डॉ. रमाकांत सागर ने बताया कि अभियान के दौरान आशा कार्यकर्ता घर-घर जाकर लोगों को संचारी रोगों से बचाव के लिए जागरूक करेंगी। विभाग साफ-सफाई और फॉगिंग पर खास ध्यान देगा।
प्रदेश के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों और प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों के लिए उपकरण और ऑफिस का सामान खरीदने के मामले में बड़ी विसंगति सामने आई है। गुना में एक सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के लिए उपकरणों की सूची बना दी गई, जबकि उस नाम का स्वास्थ्य केंद्र गुना में है ही नहीं। CMHO ने गुरुवार को स्वास्थ्य विभाग को पत्र लिखकर मार्गदर्शन मांगा है। बता दें कि प्रदेश के जिलों में संचालित CHC और PHC में चिकित्सीय उपकरण और फर्नीचर खरीदा जाना है। अस्पताल प्रशासन, संचालनालय लोक स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा, भोपाल द्वारा हर जिले के CHC और PHC के लिए बजट दिया है। इसकी सूची भी जारी की गई है। अस्पताल प्रशासन शाखा से जारी आदेश के साथ भेजी गई “FY 2025-26 Upgraded/New Facility Category C Consignee District Wise” सूची में गुना जिले के अंतर्गत “CHC Rajpur” को स्वास्थ्य संस्था बताते हुए उसके लिए बड़ी संख्या में उपकरण और फर्नीचर निर्धारित किए गए। यह आदेश उप संचालक, अस्पताल प्रशासन के हस्ताक्षर से जारी हुआ है। इसमें गुना जिले के लिए 14.62 लाख का बजट आवंटित किया गया। गुना को ₹14.62 लाख का कैटेगरी सी बजटअस्पताल प्रशासन के आदेश के साथ संलग्न कैटेगरी सी- जिलावार बजट विवरण में CMHO गुना के लिए ₹14,62,552 का बजट आवंटित दिखाया गया है। हालांकि दस्तावेज यह नहीं बताता कि पूरी ₹14.62 लाख की राशि केवल CHC Rajpur के लिए थी या यह गुना जिले का समग्र आवंटन है। हालांकि, इस मामले में CMHO डॉ राजकुमार ऋषिवर ने बताया कि यह 14 लाख का बजट पूरे जिले के लिए है। बिना डिमांड कैसे हुआ बजट आवंटितपूरे राज्य के लिए इसी बजट स्टेटमेंट में कैटिगरी सी के तहत 7.17 करोड़ का कुल आवंटन दर्ज है। ऐसे में गुना के मामले में यह सवाल खड़ा होता है कि आवंटन प्रक्रिया किस हिसाब से की गई। CHC राजपुर के नाम से कहां से डिमांड गई, क्योंकि पहले ही हर जिले से डिमांड मांगी गई होगी। वहीं आवंटन के लिए क्या प्रक्रिया अपनाई गई। सबसे महत्वपूर्ण प्रश्न गैप असेसमेंट और फैसिलिटी वेरिफिकेशन को लेकर है। उपलब्ध दस्तावेजों में ऐसा कोई अंतर मूल्यांकन रिकॉर्ड सामने नहीं आता, जिससे यह स्पष्ट हो कि CHC Rajpur में पहले से कौन-कौन से उपकरण उपलब्ध थे और क्या अनुपलब्ध था और किस आधार पर प्रत्येक वस्तु की संख्या निर्धारित की गई। इस मामले में CMHO डॉ राजकुमार ऋषिश्वर का कहना है कि संचालनालय को पत्र लिखकर सूचित किया गया है कि CHC राजपुर नाम से कोई संस्था गुना में नहीं है। साथ ही वहां से मार्गदर्शन मांगा गया है।
जालौन के कालपी कोतवाली नगर के मोहल्ला आलमपुर, कदौरा फाटक में गुरुवार 1 अक्टूबर की सुबह करीब 10 बजे उस समय हड़कंप मच गया, जब करीब 60 वर्षीय व्यक्ति का शव उसके घर के कमरे में मिला। घटना की जानकारी होते ही आसपास के लोगों की भीड़ मौके पर जुट गई। सूचना पर पहुंची पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण कर जांच शुरू कर दी। प्रथम दृष्टया पुलिस घटना को आत्महत्या से जोड़कर देख रही है, हालांकि इसके पीछे की वजह अभी स्पष्ट नहीं हो सकी है। मृतक की पहचान चरन सिंह पुत्र स्वर्गीय रामेश्वरम, उम्र करीब 60 वर्ष के रूप में हुई है। परिजनों और स्थानीय लोगों के अनुसार चरन सिंह मूल रूप से कालपी तहसील क्षेत्र के ग्राम शेखपुर गुढ़ा के रहने वाले थे। वह काफी समय से कालपी नगर में मकान बनाकर रह रहे थे। सुबह घर में घटना की जानकारी हुई बताया गया कि गुरुवार सुबह करीब 10 बजे घर में घटना की जानकारी सामने आने के बाद परिजनों ने पुलिस को सूचना दी। जानकारी मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और घटनास्थल का निरीक्षण कर आवश्यक जानकारी जुटाई। पुलिस ने मामले से जुड़े लोगों से भी पूछताछ की है। घटना किन परिस्थितियों में हुई और इसके पीछे क्या वजह रही, इसे लेकर अभी तक कोई स्पष्ट जानकारी सामने नहीं आई है। दो बेटे और एक बेटी, तीनों की हो चुकी शादी चरन सिंह के परिवार में दो पुत्र और एक पुत्री हैं। बताया जा रहा है कि तीनों की शादी हो चुकी है। घटना के बाद परिवार में मातम पसरा हुआ है। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। अचानक हुई घटना से आसपास के लोग भी स्तब्ध हैं। पुलिस बोली- जांच के बाद स्पष्ट होगी स्थिति पुलिस के अनुसार मामले में नियमानुसार आवश्यक कार्रवाई की जा रही है। घटना के वास्तविक कारणों का पता लगाने के लिए विभिन्न पहलुओं से जांच की जा रही है। प्रथम दृष्टया मामला आत्महत्या का प्रतीत हो रहा है, लेकिन पुलिस का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद ही घटना की वास्तविक स्थिति पूरी तरह स्पष्ट हो सकेगी।
मुरादाबाद में प्राचीन श्री रामलीला कमेटी पुराना दसवां घाट की रामलीला 9 अक्टूबर से शुरू होगी। आयोजन की तारीख नजदीक है, लेकिन नगर निगम की तैयारियां अभी पूरी नहीं हुई हैं। रामलीला मैदान के गेट और मंच की रंगाई-पुताई का काम बाकी है। मैदान में पैचवर्क भी नहीं हुआ है, जबकि केवट घाट का निर्माण और सफाई भी अधूरी है। बुधवार को कमेटी की बैठक में आयोजन की तैयारियों की समीक्षा की गई। पदाधिकारियों ने रामलीला शुरू होने से पहले सभी व्यवस्थाएं पूरी कराने की मांग की। इस दौरान दर्शकों की सुविधा, बिजली, सफाई और सुरक्षा से जुड़े इंतजामों पर भी चर्चा हुई। 9 से 24 अक्टूबर तक होगा मंचन कमेटी अध्यक्ष यथार्थ किशोर ने बताया कि रामलीला का मंचन 9 से 24 अक्टूबर तक किया जाएगा। आयोजन स्थल पर बड़ी संख्या में दर्शकों के पहुंचने की संभावना है, इसलिए समय रहते व्यवस्थाएं पूरी करना जरूरी है। कमेटी प्रवक्ता धर्मेंद्र यादव ने नगर आयुक्त से मंच की रंगाई-पुताई के साथ बिजली, सफाई और पीने के पानी की व्यवस्था कराने को कहा है। बायो टॉयलेट और जनरेटर की भी मांग दर्शकों की सुविधा के लिए कमेटी ने आयोजन स्थल पर बायो टॉयलेट और जनरेटर की व्यवस्था कराने की मांग की है। बिजली आपूर्ति में किसी तरह की परेशानी होने पर कार्यक्रम प्रभावित न हो, इसके लिए बैकअप की जरूरत बताई गई। सुरक्षा व्यवस्था को लेकर कमेटी की ओर से एसएसपी से पुलिस बल उपलब्ध कराने की मांग की गई है। बैठक में पदाधिकारियों ने लिया तैयारियों का जायजा बैठक में महामंत्री आदित्य वीर शास्त्री, संरक्षक छत्रपाल सिंह, कोषाध्यक्ष इंद्रजीत शास्त्री, नरेंद्र सुमन, रवि सैनी, पुष्पकांत, सुनील श्रीवास्तव, लल्ला बाबू और अरुण श्रीमाली मौजूद रहे। पदाधिकारियों ने रामलीला शुरू होने से पहले आयोजन स्थल की सभी व्यवस्थाएं दुरुस्त कराने पर जोर दिया।
हापुड़ में दो युवकों को कमरे में बंद कर पीटा:मारपीट का वीडियो सामने आने के बाद 6 पर केस
हापुड़ थाना बाबूगढ़ इलाके के कुचेसर चौपला पर दो युवकों को कमरे में बंद कर पीटा गया। मारपीट का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ। इसके बाद पुलिस ने पीड़ित के भाई की शिकायत पर छह लोगों के खिलाफ केस दर्ज किया गया। पुलिस मामले की जांच कर रही है। जानकारी के मुताबिक पीड़ित के भाई भरत ने पुलिस को बताया कि बुधवार करीब 11 बजे छह युवक उसके भाई पौरस और उसके दोस्त नवनीत को एक कमरे में बंद कर ले गए थे। आरोप है कि वहां दोनों के साथ मारपीट की गई। किसी ने घटना का वीडियो बनाया, जो सोशल मीडिया पर फैल गया। आरोपियों से मारपीट का कारण पूछा भरत के अनुसार, घटना की जानकारी मिलने पर उसने आरोपियों से मारपीट का कारण पूछा। आरोप है कि आरोपियों ने शाम 6 बजे उसके साथ भी मारपीट की। इसके बाद पीड़ित पक्ष ने बाबूगढ़ थाने में शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने भरत की शिकायत पर वंश त्यागी (सिखेड़ा), अनिक गिल, तनिश गिल (चोपला), उचित चौधरी, विचित चौधरी (रसूलपुर) और शिवम यादव (नया बांस) के खिलाफ मामला दर्ज किया है। पीड़ित की तहरीर पर मामला दर्ज पुलिस वायरल वीडियो और आरोपों की जांच कर रही है। उचित कार्रवाई की जाएगी। थाना प्रभारी प्रवीण कुमार का कहना है कि पीड़ित की तहरीर पर पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है। जल्द आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
मां और 2 बेटियों ने खाया जहर:गंभीर हालत में तीनों का इलाज जारी, घरेलू विवाद के बाद उठाया कदम
चूरू जिले की सरदारशहर तहसील के डालमाणा गांव में गुरुवार सुबह घरेलू विवाद के बाद एक मां और 2 बेटियों ने जहरीला पदार्थ खा लिया। तबीयत बिगड़ने पर परिवार उन्हें डीबी अस्पताल लेकर पहुंचा, जहां तीनों की हालत गंभीर बनी हुई है।मां राजेश्वरी कंवर (35) और बड़ी बेटी (17) को मेडिकल आईसीयू में, जबकि छोटी बेटी (15) को पीडियाट्रिक वार्ड में शिफ्ट किया गया है। अस्पताल चौकी से एएसआई सुरेश कुमार ने परिवार से घटना की जानकारी ली। राजेश्वरी के पति बजरंग सिंह वेल्डिंग का काम करते हैं। वह अपनी बेटियों के साथ खेत में काम करने आई थी। यहीं घरेलू विवाद के बाद तीनों ने जहरीला पदार्थ खाया।खेत में हलचल नहीं दिखने पर पड़ोसी ने तीनों को देखा, जहां जहरीले पदार्थ की बदबू आ रही थी। उसने परिवार को सूचना दी, जिसके बाद उन्हें अस्पताल लाया गया। पुलिस जांच कर रही है।
वाराणसी में अखिल भारतीय व्यास संघ के राष्ट्रीय अधिवेशन में धर्मांतरण, हिंदू धर्मग्रंथों और देवी-देवताओं पर कथित आपत्तिजनक टिप्पणी, युवा पीढ़ी को संस्कृति से जोड़ने और राष्ट्रभाव जागृत करने सहित कई प्रस्ताव पारित किए गए।काशी के प्राचीन पातालपुरी मठ में आयोजित अधिवेशन का शुभारंभ व्यास संघ के राष्ट्रीय अध्यक्ष जगतगुरु बालक देवाचार्य जी महाराज ने दीप प्रज्ज्वलित कर किया। अधिवेशन में धर्मांतरण के मुद्दे पर चर्चा के दौरान सदस्यों ने चिंता जताई। वक्ताओं ने आरोप लगाया कि संगठित तरीके से धर्मांतरण कराया जा रहा है और इसे रोकने के लिए काम करने वाले कार्यकर्ताओं पर मुकदमे दर्ज किए जाते हैं। इस पर सर्वसम्मति से धर्मांतरण के खिलाफ प्रस्ताव पारित किया गया। संघ की ओर से गांव स्तर पर समितियां गठित कर देशभर में जागरूकता अभियान चलाने की बात कही गई। धर्मग्रंथों के अपमान के खिलाफ प्रस्ताव जगतगुरु बालक देवाचार्य जी महाराज ने कहा कि हिंदू धर्म और धर्मग्रंथों के खिलाफ कथित अपमानजनक टिप्पणियों को अब स्वीकार नहीं किया जाएगा। उन्होंने कहा कि व्यास अपनी कथाओं के माध्यम से लोगों को ऐसे मामलों के प्रति जागरूक करेंगे। उन्होंने कहा कि धर्म की रक्षा के लिए संत समाज को भी सक्रिय भूमिका निभानी होगी। इस संबंध में अखाड़ों से बातचीत चलने की बात भी उन्होंने कही। कथाओं में गूंजेगा वंदे मातरम् अधिवेशन में यह भी प्रस्ताव रखा गया कि धार्मिक कथाओं की शुरुआत में अब वंदे मातरम् का गायन किया जाए। इसके साथ ही कथाओं में स्वतंत्रता संग्राम के महानायकों के जीवन और उनके संघर्ष की चर्चा करने का प्रस्ताव भी पारित किया गया। महंत जगदीश्वर दास ने कहा कि लोगों को देश की आजादी की कीमत और स्वतंत्रता सेनानियों के योगदान की जानकारी मिलनी चाहिए। धर्म के साथ देश की चिंता करना भी जरूरी है। जेन-जी को धर्म और संस्कृति से जोड़ने पर जोर जगतगुरु बालक देवाचार्य जी महाराज ने कहा कि युवा पीढ़ी, विशेषकर जेन-जी को नजरअंदाज नहीं किया जा सकता। कथावाचकों की जिम्मेदारी केवल कथा सुनाने तक सीमित नहीं है, बल्कि आने वाली पीढ़ी को भारतीय संस्कृति से जोड़ना भी है। उन्होंने जेन-जी को धर्म, संस्कृति और राष्ट्रभाव से जोड़ने की नीति को लागू करने की आवश्यकता बताई। उन्होंने कहा कि युवा शक्ति को रामभक्ति और भारतीय संस्कृति की ओर ले जाने के लिए प्रयास किए जाने चाहिए। रामकथा में मुस्लिम समाज को प्रवेश की कहीं बात रामपंथ के पंथाचार्य डॉ. राजीव श्रीगुरुजी ने प्रस्ताव रखा कि रामकथाओं में किसी धर्म या जाति के आधार पर भेदभाव नहीं होना चाहिए। उन्होंने उन लोगों को भी जोड़ने की बात कही, जिनके पूर्वजों ने वर्षों पहले धर्म परिवर्तन किया था। उन्होंने कहा कि समाज में आपसी संवाद और भाईचारे को बढ़ाने के लिए हिंदू और मुस्लिम समाज को एक परिवार की तरह जागरूक करने का प्रयास किया जा सकता है।
मुरादाबाद में तेज धूप से बढ़ी उमस:32°C तापमान, मौसम वैज्ञानिक ने ज्यादा पानी पीने की दी सलाह
मुरादाबाद में गुरुवार सुबह से मौसम साफ रहा। आसमान में बादल नहीं होने से तेज धूप निकली। चुभती धूप के साथ हवा में ज्यादा नमी रही, जिससे लोगों को उमस भरी गर्मी का सामना करना पड़ा। सड़कों और बाजारों में निकले लोगों को धूप के बीच काफी परेशानी हुई। हवा में नमी 70 प्रतिशत से ज्यादा रहने से पसीना सूखने में समय लगा। इससे तापमान सामान्य रहने के बावजूद गर्मी का असर ज्यादा महसूस हुआ। घरों और दुकानों में भी लोगों को राहत नहीं मिली। धूप से बचने के लिए कई लोग छाता और गमछा इस्तेमाल करते नजर आए। 32 डिग्री तक पहुंचेगा तापमान मौसम विभाग के अनुसार, गुरुवार को मुरादाबाद का अधिकतम तापमान 32 डिग्री सेल्सियस तक पहुंचने का अनुमान है। वहीं न्यूनतम तापमान करीब 24 डिग्री सेल्सियस रह सकता है। दिन चढ़ने के साथ तापमान बढ़ने पर उमस का असर भी ज्यादा महसूस होने की संभावना है। दोपहर के समय गर्मी लोगों की परेशानी बढ़ा सकती है। नमी बढ़ने से ज्यादा महसूस होगी गर्मी मौसम में नमी अधिक होने पर शरीर का पसीना जल्दी नहीं सूखता। इससे वास्तविक तापमान से ज्यादा गर्मी महसूस होती है। गुरुवार को भी मुरादाबाद में लोगों को इसी तरह की स्थिति का सामना करना पड़ा। मौसम विभाग ने दोपहर में तेज धूप से बचने और पर्याप्त मात्रा में पानी पीते रहने की सलाह दी है।
झज्जर में एसडीएम रेणुका नांदल ने उपमंडल स्तरीय समाधान शिविर में सुनी समस्याएं
झज्जर में एसडीएम रेणुका नांदल ने उपमंडल स्तरीय समाधान शिविर में सुनी समस्याएं
फतेहाबाद में नई अनाज मंडी में धान की खरीद शुरू नहीं होने पर किसानों का प्रदर्शन
फतेहाबाद में नई अनाज मंडी में धान की खरीद शुरू नहीं होने पर किसानों का प्रदर्शन
बिलासपुर के सिरगिट्टी के सिलपहरी स्थित अग्रवाल स्ट्रक्चर फैक्ट्री में मंगलवार शाम एचपी लोडर की चपेट में आने से 39 वर्षीय कर्मचारी की मौत हो गई। मृतक की पहचान हरदी भाठा निवासी राकेश लहरे पिता कुंवरलाल लहरे के रूप में हुई है। वह फैक्ट्री में काम करता था। मंगलवार शाम करीब 4 से 5 बजे के बीच राकेश फैक्ट्री परिसर में एचपी लोडर से कोयला डंप कराने का काम देख रहा था। काम बताने के बाद वह लोडर से पीछे हटकर खड़ा हो गया। इसी दौरान चालक ने लोडर पीछे किया। पीछे खड़े राकेश की नजर लोडर पर नहीं पड़ी और वह उसकी चपेट में आ गया। पहिया ऊपर से गुजरा, अस्पताल में मौत लोडर का पहिया राकेश के ऊपर से गुजर गया, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया। हादसे के बाद फैक्ट्री परिसर में अफरा-तफरी मच गई। कर्मचारियों ने उसे तत्काल अस्पताल पहुंचाया, जहां डॉक्टरों ने जांच के बाद मृत घोषित कर दिया। पुलिस ने शव परिजनों को सौंपा घटना की सूचना मिलते ही सिरगिट्टी पुलिस मौके पर पहुंची और घटनास्थल का जायजा लिया। पुलिस ने शव का पंचनामा कर पोस्टमार्टम कराया। बुधवार को शव परिजनों को सौंप दिया गया। पुलिस ने मर्ग कायम कर जांच शुरू कर दी है। चालक की भूमिका की भी जांच पुलिस हादसे की परिस्थितियों की जांच कर रही है। साथ ही लोडर चालक की भूमिका और घटना के दौरान वाहन पीछे करने की स्थिति की भी जांच की जा रही है।
नोएडा में किसानों का धरना जारी:6% नहीं, 10% आबादी प्लॉट देने की मांग पर अड़े लड़पुरा के ग्रामीण
नोएडा में ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण (GNIDA) कार्यालय के बाहर लड़पुरा समेत आसपास के विभिन्न गांवों के किसानों का अनिश्चितकालीन धरना-प्रदर्शन जारी है। किसान 6 प्रतिशत के स्थान पर 10 प्रतिशत विकसित आबादी प्लॉट (रेजिडेंशियल प्लॉट) आवंटित किए जाने की मुख्य मांग को लेकर लामबंद हैं। प्रदर्शनकारी किसानों का स्पष्ट कहना है कि प्राधिकरण उन्हें उनकी अधिग्रहीत जमीनों का उचित मुआवजा और निर्धारित दर से प्लॉट दे। अपनी मांगों के समर्थन में बड़ी संख्या में किसान कड़ाके के तेवरों के साथ एकजुट हैं और प्राधिकरण प्रशासन से तत्काल हस्तक्षेप व सकारात्मक कार्रवाई की अपेक्षा कर रहे हैं। धरने पर बैठे किसान प्रतिनिधियों ने चेतावनी दी है कि जब तक उनकी जायज मांगों का स्थायी समाधान नहीं निकाला जाता, तब तक उनका यह आंदोलन लगातार जारी रहेगा।
केंद्र पर बरसे पंजाब कांग्रेस के कार्यकारी अध्यक्ष राजकुमार वेरका
केंद्र पर बरसे पंजाब कांग्रेस के कार्यकारी अध्यक्ष राजकुमार वेरका
महेंद्रगढ़ में जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की सचिव नीलम कुमारी और एसडीजेएम विक्रांत के निर्देश पर अंतर्राष्ट्रीय वृद्धजन दिवस पर एक जागरूकता शिविर लगा। यह शिविर महेंद्रगढ़ के चितलांग गांव में हुआ, जहां ग्रामीणों को बुजुर्गों के अधिकारों और उनके महत्व के बारे में बताया गया। अधिवक्ता सत्येंद्र सिंह शेखावत और विधिक स्वयं सेवक विजय सिंह ने जानकारी दी कि यह दिवस 1 अक्टूबर 1991 को शुरू हुआ था और हर साल इसी दिन मनाया जाता है। सत्येंद्र शेखावत ने कहा कि इसका मकसद बुजुर्गों के योगदान का सम्मान करना और उनके अधिकारों के प्रति जागरूकता बढ़ाना है। उन्होंने बुजुर्गों को संस्कृति और इतिहास का मार्गदर्शक बताया। स्वास्थ्य समस्याओं और दुर्व्यवहार पर भी बातचीत शिविर में बुजुर्गों के अकेलेपन, स्वास्थ्य समस्याओं और दुर्व्यवहार जैसी चुनौतियों पर भी बात हुई। विजय सिंह ने कहा कि बुजुर्गों की सेवा करना सबसे बड़ा धर्म है। इस दौरान सरपंच कृष्ण कुमार, भूप सिंह, रोशन लाल, कुंदराम, राजेश कुमार, सुनील सिंह, अर्जुन सिंह, मूर्ति देवी, कलादेवी, रोशनी देवी, कमलेश देवी, कृष्णा देवी, सुनीता देवी समेत कई ग्रामीण और वरिष्ठ नागरिक मौजूद थे।
बड़वानी जिला मुख्यालय से करीब 35 किलोमीटर दूर ग्राम पंचायत वेदपुरी के अछालिया फलिया में बच्चे आज भी पक्के स्कूल भवन का इंतजार कर रहे हैं। साल 2014 में स्कूल शुरू हुआ तो भवन नहीं था। पहले इमली के पेड़ के नीचे कक्षाएं लगीं और बाद में गांव के मुन्ना ने मवेशी बांधने के लिए बनाए छोटे से झोपड़े में स्कूल चलाने के लिए जगह दे दी। अब भी बच्चे इसी अस्थायी व्यवस्था में पढ़ने को मजबूर हैं। बारिश में टपकती है छत, गीली हो जाती है जमीन चौथी कक्षा के छात्र साहुल ने बताया कि बारिश के दौरान झोपड़ी की छत से पानी टपकता है। मिट्टी का फर्श गीला हो जाता है और बच्चों को कच्ची जमीन पर बैठकर पढ़ना पड़ता है। किताबें और पढ़ाई का सामान भी खराब होने का खतरा बना रहता है। ऐसे में बारिश के दिनों में पढ़ाई करना बच्चों और शिक्षक दोनों के लिए मुश्किल हो जाता है। स्कूल के पास मवेशी, पीछे जमा पानी स्कूल के ठीक पास मवेशी बांधे जाते हैं। इससे आसपास गंदगी और दुर्गंध की स्थिति बनी रहती है। वहीं झोपड़ी के पीछे पानी जमा है। ग्रामीण इसे नदी का बैकवॉटर बता रहे हैं। ऐसे में बच्चों की सुरक्षा को लेकर भी ग्रामीणों ने चिंता जताई है। ग्रामीणों का कहना है कि स्कूल का भवन सुरक्षित स्थान पर बनाया जाए तो बच्चों को पढ़ाई के लिए बेहतर माहौल मिल सकेगा। पहले पेड़ के नीचे लगती थीं कक्षाएं ग्रामीण नवादी बाई ने बताया कि शुरुआत में स्कूल इमली के पेड़ के नीचे लगता था। बच्चों को खुले में पढ़ते देख गांव के मुन्ना ने अपने झोपड़े में स्कूल चलाने के लिए जगह दी। बताया गया कि पहले इस जगह का इस्तेमाल मवेशी बांधने के लिए किया जाता था। भवन नहीं बनने के कारण करीब 12 साल बाद भी स्कूल की स्थिति नहीं बदल सकी है। शिक्षक बोले- बारिश में पढ़ाने में होती है परेशानी स्कूल के शिक्षक जितेंद्र बनडोले ने बताया कि उनकी पदस्थापना यहां करीब 20 दिन पहले हुई है। मौजूदा व्यवस्था में बच्चों को पढ़ाने में दिक्कत होती है। खासकर बारिश के दौरान छत से पानी आने और कच्ची जमीन गीली होने से परेशानी बढ़ जाती है। संकुल प्राचार्य लाल सिंह सपना ने बताया कि स्कूल भवन स्वीकृत हो चुका है और निर्माण कार्य भी कुछ हद तक हुआ है। हालांकि भवन अभी पूरा नहीं हुआ है। फिलहाल बच्चे अस्थायी झोपड़ी में ही पढ़ाई कर रहे हैं। कलेक्टर बोलीं- भवनहीन स्कूलों के प्रस्ताव भेजे गए कलेक्टर जयंती सिंह ने बताया कि भवनहीन स्कूलों और निजी संपत्ति में संचालित स्कूलों के लिए प्रस्ताव भेजे गए हैं। कुछ भवनों का निर्माण कार्य भी शुरू हो चुका है। अछालिया फलिया के बच्चों को भी पक्के भवन का इंतजार है, लेकिन फिलहाल उनकी पढ़ाई इसी अस्थायी व्यवस्था में जारी है।
हम उम्र मिले तो दिन छोटे हो गए: अकेलेपन से जूझ रहे 207 बुजुर्गों को मिला दूसरा घर, लौटी मुस्कान
उम्र की दूसरी पारी में जब घर की चहारदीवारी के बीच अकेलेपन से दिन पहाड़ जैसे लगने लगे थे, तब हमउम्रों का साथ मिला तो वही दिन छोटे हो गए।
हरियाणवी सिंगर मासूम शर्मा के देहरादून में आज होने वाले शो का उत्तराखंड के विभिन्न सामाजिक संगठनों ने विरोध शुरू कर दिया है। इसी बीच मासूम शर्मा ने सोशल मीडिया पर एक वीडियो जारी किया है। वीडियो में उन्होंने कहा… तो सारे भाई तैयार हो जाओ भाई, उत्तराखंड प्रीमियर लीग के तीसरे सीजन मैं लाइव परफॉर्म करण आन लाग रह्या हूं। पिछले जो भी गिले-शिकवे हैं, सबको दूर करेंगे अर बढ़िया प्रोग्राम करेंगे। मासूम शर्मा को रायपुर स्थित राजीव गांधी इंटरनेशनल क्रिकेट स्टेडियम में उत्तराखंड प्रीमियर लीग 2026 के ग्रैंड फिनाले में लाइव परफॉर्मेंस के लिए बुलाया गया है। इसके विरोध में उत्तराखंड क्रांति दल (UKD) ने स्टेडियम घेरने की चेतावनी दी है। यूकेडी नेता मोहित डिमरी ने कहा, मासूम के गानों में फूहड़ता है। करीब 6 महीने पहले मासूम शर्मा ने देहरादून के DAV कॉलेज में मंच से गालियां दी थीं। विवाद बढ़ने के बाद मासूम ने माफी मांगी थी। तब से उत्तराखंड के विभिन्न सामाजिक संगठन और उत्तराखंड क्रांति दल उनका विरोध कर रहा है। पहले जानिए मासूम के प्रोग्राम के बारे में… जय हिंद साथियों, मैं थारा अपना देसी कलाकार मासूम शर्मा। मैं आज शाम 7 बजे राजीव गांधी स्टेडियम, देवभूमि देहरादून में आ रहा हूं। पिछले जो भी गिले-शिकवे हैं, सबको दूर करेंगे और बढ़िया प्रोग्राम करेंगे। सारे भाई तैयार हो जाओ। जय बाबा बद्री विशाल! जय हिंद, जय भारत, जय उत्तराखंड! अब जानिए, मासूम के शो का क्यों हो रहा विरोध 11 अप्रैल 2026 को देहरादून के DAV पीजी कॉलेज के छात्रसंघ समारोह में पहुंचे मासूम शर्मा ने मंच से गालियां दी थीं। इस कार्यक्रम में उत्तराखंड के सीएम पुष्कर सिंह धामी और खानपुर से निर्दलीय विधायक उमेश शर्मा भी आए थे। मामले में डालनवाला पुलिस ने BNS की धारा 296 और 352 के तहत मामला दर्ज कर नोटिस जारी किया था। इस मामले में हरियाणा राज्य महिला आयोग ने भी उन्हें अनुचित व्यवहार के लिए समन भेजा था। बाद में सामूम ने वीडियो जारी के मामले में माफी भी मांगी थी। जींद में मासूम का कार्यक्रम स्थगित हुआ 27 सितंबर को जींद में चौधरी रणवीर सिंह यूनिवर्सिटी में मासूम शर्मा का कार्यक्रम रखा गया था। जींद पुलिस ने इस कार्यक्रम में मासूम को बुलाने के लिए एक पोस्टर भी जारी किया था। जब इसकी ट्रोलिंग होने लगी तो कार्यक्रम स्थगित कर दिया गया। ---------------- यह खबर भी पढे़ें… हरियाणा- नशामुक्ति कार्यक्रम में मासूम शर्मा को बुलाने पर ट्रोलिंग:यूजर ने लिखा- इसकी खुद दारू नहीं छूट रही; पुलिस ने प्रोग्राम स्थगित किया हरियाणा के जींद में पुलिस और प्रशासन के नशा मुक्ति जनजागरण अभियान को लेकर ऐसा विवाद छिड़ा कि कार्यक्रम ही स्थगित करना पड़ा। 27 सितंबर को चौधरी रणबीर सिंह यूनिवर्सिटी (CRSU) में होने वाले कार्यक्रम के लिए पुलिस ने हरियाणवी सिंगर मासूम शर्मा को बुलाने का पोस्टर जारी किया था। (पूरी खबर पढ़ें)
लखनऊ के स्कूलों में पॉक्सो जागरूकता अभियान:बच्चों को गुड टच-बैड टच और कानूनी अधिकार बताए
लखनऊ के स्कूलों में बच्चों को यौन अपराधों से बचाव और उनके कानूनी अधिकारों के प्रति जागरूक करने के लिए पॉक्सो जागरूकता अभियान चलाया जा रहा है। उच्च न्यायालय के निर्देश पर जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की ओर से शहर के अलग-अलग स्कूलों में कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। बच्चों को बताया, गलत स्पर्श पर कैसे करें विरोध अभियान के दौरान बच्चों को गुड टच और बैड टच के बारे में आसान भाषा में समझाया जा रहा है। उन्हें बताया जा रहा है कि किसी भी तरह की असुरक्षित या असहज स्थिति सामने आने पर घबराएं नहीं, बल्कि तुरंत किसी भरोसेमंद व्यक्ति से मदद लें। बच्चों को यौन अपराधों से जुड़े कानून और उनसे मिलने वाली सुरक्षा की जानकारी भी दी जा रही है। 1098 पर मदद लेने की जानकारी कार्यक्रम में बच्चों को चाइल्ड हेल्पलाइन नंबर 1098 के बारे में बताया गया। इसके साथ ही जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की ओर से उपलब्ध निशुल्क कानूनी सहायता की जानकारी भी दी जा रही है। बच्चों को बताया गया कि किसी परेशानी या अपराध की स्थिति में वे मदद लेने के लिए संबंधित हेल्पलाइन और जिम्मेदार अधिकारियों से संपर्क कर सकते हैं। गुरुवार को भी लखनऊ के विभिन्न स्कूलों में कुंवर मित्रेश सिंह कुशवाहा और डॉ. नीलिमा सिंह की मौजूदगी में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए गए। इसमें बड़ी संख्या में बच्चों ने हिस्सा लिया और पॉक्सो कानून व अपनी सुरक्षा से जुड़ी जरूरी जानकारी हासिल की।
कपड़ा फैक्ट्री में 3 लाख के थान चोरी:CCTV में देखा तो पता चला, मामला दर्ज
पाली में एक फैक्ट्री में रात के अंधेरे में अज्ञात व्यक्ति कपड़े के करीब 90 थान चुराकर ले गया। जिसकी बाजार में कीमत लगभग 3 लाख रुपए बताई जा रही है। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू की है। सदर थाने के SHO कपूराराम ने बताया- पादरली तुर्कान निवासी असकर खान पुत्र ताजू खान ने थाने में रिपोर्ट दी है। इसमें बताया कि पूनायता रीको एरिया में केडी कृपा प्रोसेस नाम से फैक्ट्री है। जो वे किराए पर चलाते हैं। 24 सितंबर को रोटेशन होने के चलते फैक्ट्री में काम बंद था। इस दौरान स्टॉफ के साथ मिलकर स्टॉक चेक कर रहा था तो सामने आया कि कपड़े के कई थान कम है। इस पर CCTV कैमरे चेक किए गए। जिसमें सामने आया कि 7 सितंबर और 24 सितंबर की रात को अज्ञात व्यक्ति फैक्ट्री से कपड़े के थान चोरी कर ले जा रहा था। जिसके बाद 29 सितंबर को पुलिस में रिपोर्ट दर्ज करवाई गई।
राजस्थान हाईकोर्ट के पूर्व कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश जस्टिस (रिटायर्ड) एसपी शर्मा ने कहा है कि सुप्रीम कोर्ट के न्यायाधीश जस्टिस संदीप मेहता ने हाईकोर्ट के वकीलों को हड़ताल करने के लिए उकसाया था। वे मुझसे प्रोफेशनल जेलेसी (व्यावसायिक जलन) रखते हैं। शायद इसी का नतीजा है कि उन्होने मेरे खिलाफ अनर्गल आरोप लगाए। पूर्व एसीजे एसपी शर्मा ने पहली बार इस पूरे मामले में खुलकर बातचीत की। मीडिया को दिए इंटरव्यू में जस्टिस शर्मा ने कहा- मुझे जस्टिस मेहता से जिरह करने की अनुमति मिलनी चाहिए। जस्टिस मेहता की एकमात्र समस्या यह थी कि मैं यहां राजस्थान में था और वह मुझे यहां नहीं देखना चाहते थे। पूरे घटनाक्रम का सार यही है। क्या है मामला बता दें कि जस्टिस संदीप मेहता ने अगस्त में भारत के मुख्य न्यायाधीश (सीजेआई) को भेजे गए पत्रों में जस्टिस शर्मा पर 'शक्तियों के दुरुपयोग' का आरोप लगाया था। उन्होंने दावा किया था कि उन्हें 'कई शिकायतें' मिली हैं, जो जस्टिस शर्मा की 'ईमानदारी और सत्यनिष्ठा' पर सवाल उठाती हैं। इसके आधार पर, जस्टिस संदीप मेहता ने कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश को किसी अन्य हाईकोर्ट में ट्रांसफर करने और एक नए मुख्य न्यायाधीश की नियुक्ति की मांग की थी। वहीं, उसी महीने के अंत में सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम ने छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट के जज संजय के अग्रवाल को राजस्थान हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश के रूप में नियुक्त करने की सिफारिश की थी। जस्टिस मेहता को दखल देने का अधिकार नहीं था इस पूरे मामले पर पूर्व कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश जस्टिस एसपी शर्मा ने कहा कि जस्टिस मेहता का हाईकोर्ट के मामलों में दखल देने का कोई अधिकार नहीं था। मैने भी सीजेआई को पत्र लिखकर यह मुद्दा उठाया है कि क्या सुप्रीम कोर्ट का कोई जज हाईकोर्ट के मामलों में हस्तक्षेप कर सकता है। उन्होंने कहा- जजों के बीच आपस में इस तरह के प्रशासनिक मुद्दे पहले भी कई बार उठे हैं। लेकिन यह कभी अखबारों की सुर्खियों में नहीं आया। कोई भी सोशल मीडिया पर नहीं जाता। सुप्रीम कोर्ट का एक प्रसिद्ध फैसला है, 1997 का 'प्रकाश चंद बनाम राजस्थान राज्य' मामला। यह मामला सुप्रीम कोर्ट तक गया था, जिसने कड़े दिशा-निर्देश तय किए थे। अब हम सभी उन सख्त दिशा निर्देशों से बंधे हैं, यह मुझ पर भी लागू होता है। सुप्रीम कोर्ट में बैठे जज पर भी। अगर वह सुप्रीम कोर्ट के जज होने के नाते उस फैसले के अनुसार काम नहीं करते हैं तो उनके खिलाफ भी कुछ कार्रवाई होनी चाहिए। जजों का ट्रायल सोशल मीडिया पर नहीं होना चाहिए। इससे आम जनता का विश्वास प्रभावित नहीं होना चाहिए। मुझे बिना आवेदन सीनियर एडवोकेट बनाया, उन्हें आवेदन करना पड़ा जस्टिस मेहता ने इस तरह के आरोप क्यों लगाए। इस सवाल के जवाब पर जस्टिस शर्मा ने कहा कि हो सकता है, यह व्यावसायिक जलन की वजह से हो। जब हम दोनों वकालत में थे। साल 2011 में हम दोनों को वरिष्ठ अधिवक्ता (सीनियर एडवोकेट) के रूप में पदोन्नत किया गया था। मुझे बिना कोई आवेदन दिए पदोन्नत किया गया था। फुल कोर्ट ने सर्वसम्मति से मुझे वरिष्ठ अधिवक्ता चुना था। लेकिन जस्टिस मेहता को इसके लिए आवेदन करना पड़ा था। मैं अपने परिवार की पहली पीढ़ी का वकील हूं। मेरी पारिवारिक पृष्ठभूमि में कोई वकील और न्यायधीश नहीं है। वह एक प्रतिष्ठित न्यायिक परिवार से आते हैं। जब जज के रूप में प्रमोशन की बात आई तो उन्होंने यह सुनिश्चित किया कि मैं (मुख्य न्यायाधीश) नहीं बन सकूं। इन सब चीजों का अपना प्रभाव होता है, जज भी इस बात से प्रभावित होते हैं कि आप किस परिवार से आते हैं। मेरी मां और भाई के मामले भी पेंडिंग हैं प्रभावशाली और अमीर वादियों को फायदा पहुंचाने के आरोप पर जस्टिस शर्मा ने कहा कि वे लोग कौन हैं? किसी न किसी की तरफ से कोई शिकायत तो होनी चाहिए। हम किसी भी केस में कौन वादी है, यह नहीं देखते हैं। अगर मुझे मदद करनी ही होती तो मैं अपने परिवार की मदद करता। मेरी मां की पेंशन का मामला लंबित है। मेरे पिता सेना में थे। मेरे भाई (जो पहले सेना में थे) की याचिका भी लंबित है। मैं उन्हें अपने काम में हस्तक्षेप करने की अनुमति नहीं देता और मैं उनके कामों में दखल नहीं देता हूं। अपने अनुकूल फैसले नहीं देने पर न्यायिक अधिकारियों के तबादले के आरोपों पर जस्टिस शर्मा ने कहा- यह बिल्कुल हास्यास्पद है। 800 तबादले किए गए थे। आमतौर पर ये रजिस्ट्रार जनरल द्वारा किए जाते हैं। वह सीजे को इनपुट देते हैं। हम देखते हैं कि किसी व्यक्ति ने एक स्थान पर कितना समय बिताया है। अगर किसी न्यायिक अधिकारी का द्वेषता के चलते तबादला किया गया होता तो वह कहीं न कहीं शिकायत दर्ज कराता। वह केवल संदीप मेहता से ही शिकायत क्यों करेगा? सुप्रीम कोर्ट में राजस्थान से संदीप मेहता के अलावा एक जज और भी हैं। ये भी पढ़ें… राजस्थान हाईकोर्ट के एक्टिंग चीफ जस्टिस को हटाने की मांग:सुप्रीम कोर्ट न्यायाधीश ने CJI को लिखे लेटर, कहा- जजों को ट्रांसफर की धमकी देते हैं 'जस्टिस मेहता ने मुझसे कहा राजस्थान हाईकोर्ट से दुर्व्यवहार हुआ':पूर्व CJI गवई बोले- एक्टिंग सीजे के लिए जो सुना वो हैरान करने वाला था
शहर में बिजली के ढीले और झूलते तार लोगों के लिए परेशानी के साथ हादसे का खतरा बने हुए हैं। तिगरी बाजार, सर्राफा बाजार, कपड़ा बाजार और तेलीवाड़ा क्षेत्र सहित कई इलाकों में मकानों और दुकानों के ऊपर से बिजली के तारों का जाल नजर आता है। कई जगह तार काफी नीचे तक लटक रहे हैं। ऐसे में दुकानदारों और राहगीरों को इनके नीचे से गुजरना पड़ता है। अधीक्षण अभियंता सुल्तान सिंह राठौड़ ने बताया कि बिजली लाइनों की सुरक्षा और रखरखाव को लेकर विभाग लगातार काम कर रहा है। ढीले तार, झुके पोल या अन्य समस्या की शिकायत मिलने पर टीम भेजकर सुधार की कार्रवाई की जाती है। सिर के ऊपर झूल रहे तार नागौर के तिगरी बाजार क्षेत्र में बिजली तारों की स्थिति बेहद अव्यवस्थित नजर आती है। मकानों और दुकानों के बीच से गुजर रहे तार कई जगह आपस में उलझे हुए हैं। सर्राफा बाजार और अन्य व्यस्त बाजारों में भी तार नीचे तक लटक रहे हैं। तेलीवाड़ा क्षेत्र में भी कई जगह बिजली तारों का जाल दिखाई देता है। स्थानीय लोगों का कहना है कि तेज हवा, बारिश या आंधी के दौरान इन तारों से खतरा और बढ़ जाता है। शिकायतों के बाद भी समाधान का इंतजार स्थानीय निवासियों का कहना है कि बिजली तारों की स्थिति को लेकर विभाग को कई बार शिकायतें की गई हैं। इसके बावजूद कई स्थानों पर समस्या का स्थायी समाधान नहीं हुआ। बाजारों में दुकानों और घरों के ऊपर से गुजरते तारों के कारण लोगों में लगातार हादसे की आशंका बनी रहती है। मौसम बदलते ही बढ़ जाता है खतरा बारिश और तेज हवा के दौरान बिजली तारों के टूटने या आपस में टकराने का खतरा बढ़ जाता है। शहर के घनी आबादी वाले इलाकों में बिजली लाइनों के नीचे दुकानें और मकान होने से जोखिम और गंभीर हो जाता है। स्थानीय लोगों की मांग है कि विभाग शहर में ऐसे स्थानों का सर्वे कराकर ढीले तारों को व्यवस्थित करवाए और खराब पोल व लाइन की समय पर मरम्मत कराए।
लखनऊ से यूपी में विशेष संचारी रोग नियंत्रण अभियान का गुरुवार को आगाज हुआ। डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक ने लोहिया संस्थान में अभियान की शुरुआत की। उन्होंने कहा कि अभियान के जरिए जापानी इंसेफेलाइटिस, डेंगू, मलेरिया और काला ज्वर जैसे रोगों पर नियंत्रण में सफलता मिली है। इंसेफेलाइटिस से होने वाली मौतों में भी काफी कमी आई है। अभियान 31 अक्टूबर तक प्रदेश के सभी 75 जिलों में चलेगा। इसका मकसद संचारी रोगों की रोकथाम, बचाव और इलाज पर जोर देना है। 12 अक्टूबर से दस्तक अभियान शुरू होगा। स्वास्थ्य विभाग की टीमें घर-घर जाकर लोगों को जागरूक करेंगी और संचारी रोगों से जुड़े मामलों की जानकारी जुटाएंगी। 2017 से चल रहा अभियान डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक ने कहा कि प्रदेश में संचारी रोग नियंत्रण अभियान की शुरुआत 2017 में भाजपा सरकार बनने के बाद हुई थी। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में इसकी रोकथाम के लिए बड़ी कार्ययोजना तैयार की गई। उन्होंने कहा कि पहले मच्छरों से होने वाली बीमारियों की रोकथाम को नगर विकास, ग्रामीण विकास और पंचायती राज जैसे विभागों से जुड़ा काम माना जाता था। अब स्वास्थ्य विभाग नोडल एजेंसी के तौर पर दूसरे विभागों के साथ मिलकर काम करता है। सभी विभाग मिलकर संचारी रोगों की रोकथाम के उपायों को जमीन पर लागू करते हैं। पूर्वांचल में इंसेफेलाइटिस बड़ी समस्या रही ब्रजेश पाठक ने कहा कि पूर्वांचल, खासकर गोरखपुर और आसपास के जिलों में इंसेफेलाइटिस लंबे समय तक बड़ी समस्या रही। अभियान के जरिए इस बीमारी पर लगातार काम किया गया। उनके मुताबिक, इससे जापानी इंसेफेलाइटिस के मामलों और इससे होने वाली मौतों में काफी कमी आई है। उन्होंने कहा कि मलेरिया, डेंगू और काला ज्वर को नियंत्रित करने में भी सफलता मिली है। एक महीने चलेगा अभियान, 12 अक्टूबर से दस्तक डिप्टी सीएम ने कहा कि अभियान करीब एक महीने चलेगा। अभी लोगों को जागरूक किया जा रहा है। इसके बाद 12 अक्टूबर से घर-घर दस्तक अभियान शुरू होगा। अभियान को सफल बनाने के लिए लोगों का सहयोग जरूरी है। यह सिर्फ स्वास्थ्य विभाग या 13 विभागों के प्रयास से सफल नहीं हो सकता। उन्होंने कहा कि कई बीमारियां हमारी लापरवाही के कारण घर और शरीर तक पहुंचती हैं। मच्छर जनित रोगों के अलावा खान-पान और आसपास का वातावरण भी स्वास्थ्य पर असर डालता है। लोगों को सतर्क रहकर बीमारियों से बचाव करना होगा। घर के आसपास पानी न जमा होने दें डिप्टी सीएम ने लोगों से अपील की कि घर और आसपास पानी जमा न होने दें। उन्होंने कहा कि टूटे बर्तन, पुराने टायर, खिलौने और दूसरे सामान में पानी जमा होने पर मच्छर पनप सकते हैं। घर की खिड़कियों, कूलर और ऐसी जगहों पर भी ध्यान दें, जहां पानी जमा हो सकता है। उन्होंने कहा कि डेंगू का मच्छर साफ पानी में पनपता है और दिन में ही लोगों को काटता है। इसलिए आसपास सफाई रखकर मच्छरों को पनपने से रोकना जरूरी है। मच्छर नहीं होंगे तो मच्छर जनित रोगों से भी बचाव होगा। डिप्टी सीएम ने युवाओं से स्वस्थ जीवनशैली अपनाने की अपील की। उन्होंने कहा कि खान-पान और नियमित व्यायाम पर ध्यान देना चाहिए। बच्चों में बचपन से अच्छी आदतें डालने की जरूरत है। स्वस्थ शरीर और स्वस्थ मन से ही व्यक्ति बेहतर तरीके से काम कर सकता है और समाज की सेवा कर सकता है। डिप्टी सीएम ने कहा कि साफ-सफाई की आदत बचपन से ही डालनी चाहिए। घर और कमरे में गंदगी नहीं होनी चाहिए। ऐसी चीजों का सेवन भी नहीं करना चाहिए, जो शरीर के लिए नुकसानदायक हैं। आसपास सफाई रखकर मच्छरों को पनपने से रोकना होगा। उन्होंने कहा कि अगर अभियान में लोगों का पूरा सहयोग मिला तो डेंगू और मलेरिया जैसे रोगों को पूरी तरह खत्म करने में सफलता मिल सकती है। इसके लिए सिर्फ वैक्सीन और दवाओं पर निर्भर रहने के बजाय लोगों को खुद भी सावधानी बरतनी होगी। आसपास का वातावरण साफ रखकर मच्छर जनित रोगों पर नियंत्रण पाया जा सकता है।
सिरसा जिले में रानियां के बालासर रोड पर एक गत्ता फैक्ट्री के पास एक युवक का शव मिला है। वार्ड नंबर-1 के लोगों ने शव मिलने की सूचना रानियां थाना पुलिस को दी। थाना प्रभारी राम कुमार और डायल 112 की टीम मौके पर पहुंची। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए सिरसा के सिविल अस्पताल भेज दिया है। मृतक की पहचान नकौड़ा गांव निवासी शिंदरपाल सिंह (35) के रूप में हुई है। वह दिहाड़ी मजदूरी करता था और शादीशुदा था, उसके दो बच्चे हैं। शिंदरपाल रोज की तरह मजदूरी के लिए रानियां आया था। लोगों ने गत्ता फैक्ट्री के पास झाड़ियों में उसका शव देखा और तुरंत पुलिस को बताया। मौके पर बुलाई गई डॉक्टरों की टीम रानियां थाना प्रभारी राम कुमार ने बताया कि सुबह सूचना मिली थी। मौके पर डॉक्टरों की टीम भी बुलाई गई। डॉक्टरों ने अभी मौत का कारण स्पष्ट नहीं किया है। शव के पास सिर्फ पानी की बोतल मिली, कोई नशीली दवा नहीं। हार्ट अटैक की आशंका जताई जा रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद ही स्थिति साफ हो पाएगी।
आईआईटी कानपुर देश में सबसे पहले लैब के अंदर सूरज जैसी आभासी सीधी रोशनी तैयार कर सकेगा।

