पंजाब के औद्योगिक केंद्र लुधियाना के आरके रोड स्थित 'दीप टूल्स' फैक्ट्री में हुआ गैस रिसाव हादसा महज एक दुर्घटना नहीं, बल्कि सुरक्षा नियमों को ताक पर रखकर की गई अमानवीय लापरवाही है। पाना-चाबी बनाने वाली इस फैक्ट्री के भीतर बिना किसी कानूनी मंजूरी के एक अवैध केमिकल स्टोरेज टैंक बनाया गया था। रात के करीब 2:00 बजे जब बिना किसी सेफ्टी गियर, मास्क या दस्तानों के मजदूरों को जबरन इस जहरीले गटर की सफाई करवाई गई, तो उसमें से निकली घातक गैस ने पिता-पुत्र समेत तीन मजदूरों को संभलने का मौका तक नहीं दिया और उनकी मौके पर ही दम घुटने से मौत हो गई। इस भयावह हादसे के बाद फैक्ट्री प्रबंधन का रवैया और भी संदेहास्पद रहा; उन्होंने न तो तड़पते मजदूरों के परिजनों को सूचित किया और न ही पुलिस-प्रशासन को इसकी जानकारी दी। घटना के करीब 10 घंटे बाद जब मीडिया के जरिए जिला प्रशासन तक बात पहुँची, तब जाकर राहत कार्य शुरू हो सका। एसडीएम जसलीन कौर भुल्लर की प्राथमिक जांच में सुरक्षा उपकरणों का पूरी तरह अभाव पाया गया है। फिलहाल, डीसी हिमांशु जैन के कड़े रुख के बाद मजिस्ट्रेट जांच के आदेश दे दिए गए हैं और लापरवाह फैक्ट्री मालिकों पर कानूनी शिकंजा कसना तय माना जा रहा है। फैक्ट्री प्रबंधन की कारगुजारी पर पांच बड़े सवाल, जानिए.. 1. फैक्ट्री के अंदर 'अवैध' केमिकल स्टोरेज टैंक: फैक्ट्री के भीतर बिना किसी कानूनी अनुमति और सुरक्षा मानकों के एक अवैध स्टोरेज टैंक (गटर) बनाया गया था। इस टैंक का इस्तेमाल टूल्स (पाना-चाबी) बनाने के बाद बचने वाले खतरनाक और जहरीले वेस्ट केमिकल को स्टोर करने के लिए किया जा रहा था। इसी टैंक के भीतर समय के साथ बेहद विषैली गैस जमा हो गई, जो ढक्कन खोलते ही काल बन गई। अब सवाल यह उठता है कि आखिर कैमिकल युक्त वेस्ट को इस तरह क्यों स्टोर किया गया? 2. दिन का काम... रात के अंधेरे में 'खतरनाक खेल': प्रबंधन ने इस जहरीले स्टोरेज टैंक को साफ करवाने का काम दिन के उजाले के बजाय जानबूझकर मध्यरात्रि (रात करीब 2:00 बजे) चुना। रात में काम कराने का सबसे बड़ा नुकसान यह हुआ कि जब गैस रिसाव से मजदूर बेहोश हुए, तो उन्हें समय पर न तो कोई देखने वाला था और न ही तुरंत कोई मेडिकल इमरजेंसी सुविधा मिल सकी। परिजनों का सवाल है कि आखिर प्रबंधन ने रात को क्यों करवाया यह काम? 3. तड़पते रहे मजदूर, परिवार से छुपाया सच: हादसे का शिकार हुए पिता-पुत्र (मान सिंह और अमित) का परिवार रात 2:00 बजे से लेकर सुबह तक लगातार उनके नंबरों पर फोन करता रहा, लेकिन फैक्ट्री प्रबंधन ने न तो कोई फोन रिसीव किया और न ही खुद परिवार को हादसे की कोई खबर दी। मृतक मान सिंह की बेटी रेनू ने रोते हुए बताया कि सुबह होने के बाद भी प्रबंधन उनके पिता और भाई के बारे में सच छुपाता रहा। परिवार का कहना है कि जब प्रबंधन की गलती थी नहीं थी तो उसने घटना क्यों छुपाई गई? 4. 8 घंटे तक प्रशासन को रखा 'अंधेरे' में: प्रशासनिक जांच के मुताबिक, यह भयानक हादसा रात 2:00 बजे हुआ, लेकिन फैक्ट्री प्रबंधन ने पुलिस या जिला प्रशासन को इसकी भनक तक नहीं लगने दी। जिला प्रशासन और पुलिस के पास यह सूचना घटना के करीब 10 घंटे बाद मीडिया और स्थानीय लोगों के जरिए पहुंची। लुधियाना के डीसी हिमांशु जैन ने प्रबंधन की इस हरकत को पूरी तरह अस्वीकार्य और अक्षम्य माना है। सवाल उठ रहे हैं कि क्या इन 8-10 घंटों में सबूतों को मिटाने या मामले को रफा-दफा करने की कोशिश की जा रही थी? 5. घटना स्थल और अस्पताल में नहीं पहुंचे प्रबंधक: तीन मजदूरों के मरने की बात जब साने आई तो मीडिया से लेकर प्रशासन सभी मौके पर पहुंच गए लेकिन फैक्ट्री प्रबंधन की तरफ से कोई भी न तो घटना स्थल पर पहुंचा और न ही अस्पताल में। मृतक मान सिंह की बेटी रेनू का कहना है कि फैक्ट्री प्रबंधन की तरफ से कोई भी उनके पास नहीं आया। उनका सवाल है कि आखिर प्रबंधन के लोग कहां गायब हो गए? 6. बिना उपकरणों के करवाया काम: फैक्ट्री के भीतर श्रम और सुरक्षा नियमों की धज्जियां उड़ी हुई थीं। जब एसडीएम जसलीन कौर भुल्लर ने घटनास्थल का जायजा लिया, तो पाया कि फैक्ट्री के अंदर सेफ्टी रूल्स का दूर-दूर तक कोई लेना-देना नहीं था। जहरीली गैस वाले टैंक की सफाई करवाते समय मजदूरों को न तो गैस मास्क दिए गए, न दस्ताने और न ही कोई लाइफ-सपोर्ट उपकरण। क्या बोले लुधियाना के डीसी हिमांशु जैन? मजिस्ट्रेट जांच के आदेश: डीसी हिमांशु जैन ने बताया कि इस पूरे मामले की तह तक जाने के लिए मजिस्ट्रेट जांच के आदेश दे दिए गए हैं। एसडीएम ईस्ट को इस जांच का नोडल अधिकारी नियुक्त किया गया है, जो अगले 2 से 4 दिनों के भीतर अपनी विस्तृत रिपोर्ट सौंपेंगे। फैक्ट्री प्रबंधन की बड़ी लापरवाही: डीसी ने बेहद नाराजगी जताते हुए कहा कि रात करीब 2:00 बजे हुए इस हादसे की जानकारी फैक्ट्री प्रबंधन ने प्रशासन या पुलिस को नहीं दी। प्रशासन को इसकी सूचना सुबह करीब साढ़े 10 बजे मीडिया और स्थानीय लोगों के माध्यम से मिली। फैक्ट्री मालिकों की इस प्रशासनिक चूक और लापरवाही पर पुलिस ने कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है। CCTV फुटेज और बयानों की होगी जांच:डीसी के अनुसार हादसे की रात वास्तव में क्या हुआ था, यह जानने के लिए फैक्ट्री के सभी सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है। और फैक्ट्री के सीसीटीवी डीवीआर कब्जे में लेकर साथ ही वहां मौजूद अन्य मजदूरों और प्रत्यक्षदर्शियों के बयान भी दर्ज किए जा रहे हैं। प्रदूषण बोर्ड को सख्त निर्देश: पंजाब पॉल्यूशन कंट्रोल बोर्ड (PPCB) और नगर निगम की टीमों को मौके पर बुलाया गया है। टीमें यह पता लगाएंगी कि फैक्ट्री के अंदर बने उस गटर या टैंक में कौन सा घातक केमिकल स्टोर किया गया था, जिसके कारण इतनी विषैली गैस बनी। औद्योगिक सुरक्षा पर कड़े आदेश: डीसी ने स्पष्ट किया कि जिले में किसी भी फैक्ट्री में खतरनाक केमिकल या विस्फोटक सामग्री के रख-रखाव में लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने सभी फैक्ट्री मालिकों को अपने स्तर पर मॉक ड्रिल करने, औद्योगिक सुरक्षा के कड़े इंतजाम रखने और आपातकाल के लिए नजदीकी अस्पतालों को पहले से चिन्हित करने के निर्देश दिए हैं। गटर का ढक्कन खोलते ही काल बनकर निकली गैस मृतक मान सिंह (46) की बेटी रेनू ने इस हादसे के पीछे छिपी फैक्ट्री प्रबंधन की मनमानी को उजागर किया है। रेनू के अनुसार, फैक्ट्री के भीतर वेस्टेज केमिकल का एक गटर (टैंक) था। उसके पिता और भाई अमित (28) का मुख्य काम कुछ और था, लेकिन रात के समय फैक्ट्री प्रबंधन उनसे जबरन मलबा उठवाने और सफाई का काम भी करवाता था। घटना वाली रात करीब 2:00 बजे जैसे ही बाप-बेटे ने सफाई के लिए उस गटर का ढक्कन खोला, उसमें से अत्यधिक जहरीली गैस का रिसाव हुआ। गैस इतनी खतरनाक थी कि दोनों को संभलने या बाहर भागने का मौका तक नहीं मिला और उन्होंने मौके पर ही दम तोड़ दिया। उनके साथ वहां मौजूद एक अन्य मजदूर श्री राम (56) की भी मौत हो गई। जबकि गेट पर तैनात सुरक्षाकर्मी दीपक और राजिंदर बेहोश हो गए, जिनका इलाज फिलहाल ओसवाल अस्पताल में चल रहा है।
झांसी में शादी के 15 महीने बाद ही एक महिला फंदे पर लटकी मिली। मौत से पहले उसने आखरी बार अपने पिता को कॉल लगाया था। मगर पिता कॉल रिसीव नहीं कर पाए। लगभग 6 घंटे बाद उनकी नींद खुली तो बेटी को कॉल लौटाया। कॉल न उठाने पर दामाद को फोन किया। तब पता चला कि बेटी की मौत हो चुकी है। पिता घरवालों के साथ बेटी के ससुराल पहुंच गए। वहां पति समेत सभी ससुराल वाले फरार थे। पिता ने कहा- बेटी के दोनों पैर बेड पर रखे थे। शव भी बैठे हुए अवस्था में था। आरोप है कि ससुराल वाले 5 लाख रुपए मांग रहे थे। नहीं देने पर बेटी को मारकर लटकाया गया है। पुलिस ने पति समेत 5 लोगों पर दहेज हत्या का केस दर्ज किया है। पूरा मामला जिला मुख्यालय से 74 किलोमीटर दूर समथर कस्बे का है। अब पूरा मामला विस्तार से पढ़िए नवाबाद थाना क्षेत्र के पिछोर निवासी विनोद कुमार मिश्रा ने बताया- मैं किराना दुकान चलाता हूं। मैंने अपनी इकलौती बेटी प्रिया (26) की शादी 14 फरवरी 2025 को समथर के नई बस्ती निवासी भरत व्यास से की थी। मैंने अपनी हैसियत से ज्यादा दहेज दिया था। भरत मेडिकल स्टोर खोले हैं। साथ ही किराए पर मैरिज गार्डन चलाता है। शादी के बाद से ही ससुराल वाले बेटी को दहेज के लिए प्रताड़ित करने लगे। वे पैसे की डिमांड करने लगे। मैंने 3 बार में 5 लाख रुपए कैश दिया। इसके अलावा दो से ढाई लाख रुपए ऑनलाइन भेजे। इसके रिकॉर्ड हमारे पास मौजूद हैं। अब फिर से 5 लाख रुपए मांगे जा रहे थे। रात 11 बजे बात हुई थी पिता ने आगे बताया- रविवार रात करीब 11 बजे बेटी से फोन पर बात हुई थी। तब वो अच्छी तरह से बात कर रही थी। इसके बाद हम लोग सो गए। देर रात डेढ़ बजे बेटी का कॉल आया। गहरी नींद में होने के कारण मैं फोन रिसीव नहीं कर पाया। अलगे दिन सुबह जगा तो बेटी की मिस कॉल पड़ी थी। तब मैंने उसे कॉलबेक की। लेकिन उसने रिसीव नहीं किया। लगभग 20 बार फोन लगाया, घंटी जाती रही, लेकिन कॉल नहीं उठा। तब दामाद को कॉल लगाया। वो कहने लगा कि सो रही होगी। बात कराने के लिए बोला। लेकिन कॉल नहीं आया। आधा घंटे बाद फिर कॉल लगाया तो दामाद बोला कि उसने फांसी लगा ली। हम लोग पहुंचे तो पूरा घर फरार था पिता ने आगे बताया- फांसी की बात सुनते ही मैंने तुरंत पुलिस को सूचना दी। इसके बाद घर से रवाना हो गया। जब हम लोग बेटी के ससुराल पहुंचे तो पति समेत सभी ससुराल वाले फरार थे। पुलिस मौजूद थी और कमरे के अंदर पंखे पर बेटी का शव लटका हुआ था। दोनों पैर बेड पर रखे थे। पूरा शरीर बेड पर बैठी हुई अवस्था में था। उसका शरीर हवा में नहीं था। आरोप है कि प्रिया की हत्या करके शव को फंदा लगाकर पंखे से लटकाया गया है। फोरेंसिक टीम आकर जांच पड़ताल की। इसके बाद पुलिस ने ही शव को उतारा। दहेज लोभियों को बक्सा न जाए पिता ने कहा- हमने मुकदमा लिखवा दिया है। प्रशासन से हमारी मांग है कि दहेज के लोभियों को किसी भी सूरत में बक्सा नहीं जाए। अगर मांग पूरी नहीं हुई तो मजबूरी में कानून को अपने हाथ में लूंगा और अपने हाथों से सजा दूंगा। चाहे मुझे फांसी क्यों न हो जाए। देर शाम पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराया। इसके बाद परिजन शव को मायके ले गए। शव देखकर महिलाएं माथा पीटकर रोने बिखलने लगे। देर रात मायके वालों ने ही शव का अंतिम संस्कार किया। दहेज हत्या का केस दर्ज समथर थाना प्रभारी अतुल कुमार ने बताया- पिता की तहरीर पर पति भरत व्यास, देवर उदय व्यास, सास रोहिणी व्यास, ताऊ राजेश व्यास और मोठ वाली मौसी के खिलाफ दहेज हत्या समेत अन्य धाराओं में केस दर्ज कर लिया है। अभी आरोपी भागे हुए हैं। जल्द ही उनको गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
6 जनवरी 2007 की एक शांत शाम। प्रतापगढ़ शहर रोज की तरह अपनी रफ्तार से चल रहा था। बाजारों में भीड़ थी। दुकानों पर चाय के दौर चल रहे थे। कोतवाली इलाके में लोग अपने-अपने काम निपटा रहे थे। शाम 6 बजकर 45 मिनट पर शहर की एक छोटी-सी गली में ऐसा धमाका हुआ, जिसने पूरे प्रतापगढ़ को हिला दिया। कोतवाली इलाके में अधिवक्ता गिरिराज जोशी अपने ऑफिस में बैठे थे। उनके साथ विशाल सालवी, राहुल कबाड़ी और नरेंद्र कबाड़ी भी मौजूद थे। बाहर ठंडी हवा चल रही थी। ऑफिस के भीतर किसी जरूरी चर्चा का माहौल था। तभी अचानक दरवाजा खुला…एक युवक अंदर दाखिल हुआ। उसके चेहरे पर कोई घबराहट नहीं थी। वह सीधे गिरिराज जोशी की तरफ बढ़ा और इससे पहले कि कोई कुछ समझ पाता, उसने हथियार निकाला और फायर कर दिया। पहली गोली दाहिनी पसली में लगी…दूसरी कनपटी में। ऑफिस गोलियों की आवाज से गूंज उठा। कुर्सी से गिरकर गिरिराज जोशी ने वहीं दम तोड़ दिया। ऑफिस में बैठे लोग कुछ सेकेंड तक समझ ही नहीं पाए कि हुआ क्या है? गोली चलाने वाला युवक बाहर भागा, जहां उसका साथी बाइक स्टार्ट कर इंतजार कर रहा था। दोनों मंदसौर नाके की तरफ फरार हो गए। कुछ ही मिनटों में खबर पूरे शहर में फैल गई। वकील साहब को गोली मार दी। प्रतापगढ़ की सड़कों पर अफरा-तफरी मच गई। कोतवाली पुलिस मौके पर पहुंची। ऑफिस के अंदर खून फैला था। कुर्सियां बिखरी थीं। लोगों की भीड़ जमा हो चुकी थी। पुलिस ने इलाके को घेरा और अज्ञात हमलावरों के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज किया। लेकिन असली सवाल यही था- आखिर गिरिराज जोशी को क्यों मारा गया? शुरुआत में पुलिस को लगा कि यह पेशेवर दुश्मनी हो सकती है। गिरिराज जोशी शहर के चर्चित अधिवक्ता थे। कई बड़े मामलों में पैरवी कर चुके थे। जैसे-जैसे जांच आगे बढ़ी, मामला और उलझता गया। हत्या पूरी प्लानिंग के साथ हुई थी। शूटर सीधे ऑफिस तक पहुंचा। उसे पता था कि गिरिराज कहां बैठते हैं, किस वक्त अकेले मिलेंगे और हमला करके किस रास्ते भागना है। यानी कोई ऐसा था जो उनकी हर गतिविधि पर नजर रख रहा था। जांच में पुलिस को पहली बड़ी जानकारी तब मिली, जब कुछ लोगों ने बताया कि पिछले कई महीनों से गिरिराज जोशी एक जमीन विवाद में बेहद सक्रिय थे। शहर के धार्मिक स्थल के पास स्थित करीब दस बीघा जमीन को लेकर लगातार बैठकों और समझौतों का दौर चल रहा था। यह जमीन आखिर इतनी खास क्यों थी? चर्चा होने लगीं कि जमीन धार्मिक स्थल से सटी हुई थी और उसकी कीमत लगातार बढ़ रही थी। कई लोग उसे खरीदना चाहते थे। इस जमीन के दस्तावेज, मुकदमे और बातचीत में गिरिराज जोशी मुख्य भूमिका निभा रहे थे। पुलिस के सामने सवाल था क्या कोई जमीन के लिए हत्या तक कर सकता है? उधर शहर में अलग-अलग कहानियां फैलने लगीं। कोई कहता—“गिरिराज बहुत कुछ जानते थे.”कोई फुसफुसाता“समझौते में करोड़ों का खेल था..” तो कोई दावा करता“ उनकी हत्या पहले ही तय हो चुकी थी…” पुलिस ने मोबाइल कॉल रिकॉर्ड खंगाले, लोगों से पूछताछ की, मुखबिर लगाए…लेकिन शूटर का कोई सुराग नहीं मिला। हत्या के पीछे साजिश की बू जरूर महसूस हो रही थी, लेकिन चेहरा सामने नहीं आ रहा था। इसी बीच पुलिस को पता चला कि हत्या से कुछ दिन पहले कई संदिग्ध लोगों की बैठकों का दौर चला था। इनमें कुछ स्थानीय चेहरे थे, तो कुछ बाहरी लोग भी। लेकिन किसी के खिलाफ सीधे सबूत नहीं थे। फिर अचानक जांच ने मोड़ लिया। पुलिस ने एक-एक कर कुछ संदिग्धों को हिरासत में लेना शुरू किया। सबसे पहले नाम सामने आया—भाउद्दीन उर्फ बाउद्दीन। उसके बाद वसीम खान, अमीन खान, शाकिर बोहरा, चुन्नू उर्फ इमरान, मुस्तफा…और फिर कई अन्य नाम जांच के घेरे में आ गए। शहर हैरान था। इतने सारे लोग एक हत्या में कैसे शामिल हो सकते हैं? क्या यह सिर्फ हत्या थी…या किसी बड़े षड्यंत्र का हिस्सा? पुलिस को शक था कि यह कोई साधारण शूटआउट नहीं, बल्कि पूरी प्लानिंग से किया गया “कॉन्ट्रैक्ट मर्डर” था। सबसे चौंकाने वाली बात यह थी कि जिन लोगों के नाम सामने आ रहे थे, वे एक-दूसरे से अलग-अलग तरीके से जुड़े हुए थे। कोई जमीन सौदे में था..कोई समझौता बैठकों में शामिल रहा..कोई कथित तौर पर पैसों के लेनदेन में… और कुछ ऐसे लोग भी थे जिनका नाम सुनकर लोग दंग रह गए। जांच आगे बढ़ी तो पुलिस को पता चला कि हत्या से पहले कई बार समझौते की कोशिश हुई थी। एक बैठक में 25 लाख रुपए और एक बीघा जमीन देने की बात भी सामने आई थी। इसके बाद अचानक सब कुछ बिगड़ गया। आखिर ऐसा क्या हुआ कि बातचीत टेबल से उठकर गोलियों तक पहुंच गई? पुलिस के सामने यही सबसे बड़ा सवाल था। उधर गिरिराज जोशी के परिवार का आरोप था कि हत्या के पीछे बहुत बड़े लोग हैं और सच दबाने की कोशिश हो रही है। मामले ने राजनीतिक और सामाजिक रंग भी लेना शुरू कर दिया। प्रतापगढ़ में विरोध प्रदर्शन हुए। अधिवक्ताओं ने आंदोलन किया। पुलिस पर दबाव बढ़ता गया। मगर असली कहानी अभी भी अंधेरे में थी। क्योंकि जो लोग सामने दिख रहे थे…क्या वही असली खिलाड़ी थे? या फिर पर्दे के पीछे कोई और था…जो इस पूरी साजिश को चला रहा था? जांच के दौरान पुलिस ने करीब 183 दस्तावेज जुटाए। 102 गवाहों के बयान दर्ज किए गए। केस इतना उलझ चुका था कि आखिरकार हाईकोर्ट के निर्देश पर ट्रायल प्रतापगढ़ से हटाकर चित्तौड़गढ़ जिला एवं सत्र न्यायालय में ट्रांसफर करना पड़ा। समय गुजरता गया। साल दर साल सुनवाई चलती रही। कुछ आरोपी मर गए और कुछ जेल में रहे..लेकिन गिरिराज जोशी की हत्या का सच अभी भी अदालत की फाइलों में कैद था। 14 साल बाद…1 अक्टूबर 2021 को अदालत ने फैसला सुनाया। 8 आरोपी दोषी करार दिए गए। आखिर अदालत ने किस आधार पर उन्हें दोषी माना? कौन था असली मास्टरमाइंड? और क्यों एक जमीन के टुकड़े के लिए रची गई इतनी खतरनाक साजिश? कल राजस्थान क्राइल फाइल्स, पार्ट-2 में पढ़िए आगे की कहानी…
राजस्थान में जून की शुरूआत आंधी-बारिश के साथ हुई। इससे गर्मी कम रही। वहीं, मौसम विभाग ने 2 जून को भी 19 जिलों में आंधी-बारिश का येलो अलर्ट जारी किया है। इसका असर 5 जून तक रहेगा। वहीं, मौसम में इस बदलाव से तापमान सामान्य से 5 डिग्री नीचे आ गया है। सबसे अधिक तापमान फलोदी में 43.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ। जैसलमेर में 41.4, बाड़मेर में 41.8, बीकानेर में 40.2, श्रीगंगानगर में 40.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ। राजस्थान में मौसम की तस्वीर… ये शहर सबसे ज्यादा गर्म रहे आंधी के साथ बारिश, ओले गिरे दोपहर बाद जैसलमेर, फलोदी, जोधपुर, पाली, अजमेर, चित्तौड़गढ़, राजसमंद, नागौर, उदयपुर, कोटा, टोंक, अलवर, सवाई माधोपुर, बूंदी, भीलवाड़ा, अजमेर, जयपुर समेत कई जिलों में मौसम में बदलाव आया। आसमान में बादल छाए और कई जगह धूलभरी हवा चली। फलोदी, नागौर में बारिश के साथ ओले गिरे। अलवर, चित्तौड़गढ़, कोटा समेत कुछ जिलों में हल्की से मध्यम बारिश हुई। चित्तौड़गढ़ में 20MM पानी बरसा, जबकि टोंक के निवाई में 11, अजमेर में 12.6, नागौर में 13MM बारिश हुई। आगे ऐसा रहेगा मौसम राजस्थान के बड़े शहरों में मौसम जयपुर में दिन में गर्मी, शाम को ठंडक जयपुर में सोमवार दिन में हल्की गर्मी रही। अधिकतम तापमान में 2 डिग्री चढ़कर 38 डिग्री सेल्सियस पर दर्ज हुआ। शाम को मौसम में बदलाव हुआ। घने बादल छाने के बाद कहीं-कहीं हल्की बारिश हुई। मौसम विभाग ने जयपुर में अगले तीन दिन इसी तरह का मौसम रहने का अनुमान जताया है। कोटा में तापमान कम हुआ कोटा में जून की शुरुआत राहत भरे मौसम के साथ हुई। सोमवार को पिछले दिनों की तुलना में तापमान में कमी आने से लोगों को भीषण गर्मी से राहत मिली। शाम 5 बजे बाद आसमान में बादल छाए और ठंडी हवा चली। मौसम विभाग के अनुसार कोटा को यलो अलर्ट जारी किया गया है। जोधपुर में आंधी-बारिश जोधपुर शहर में सोमवार को अचानक मौसम बदला। दोपहर 2 बजे बाद बादल छाए। शाम 4:30 बजे बाद आंधी शुरू हुई। इसके बाद कुछ इलाकों में बारिश हुई। सोमवार को अधिकतम तापमान 41 डिग्री दर्ज किया गया था। अगले दो दिन आंधी-बारिश का अलर्ट है। सीकर में 3 डिग्री बढ़ा तापमान सीकर में सोमवार को तीसरे दिन तापमान में 3 डिग्री की बढ़ोतरी हुई है। आज सोमवार को सीकर में अधिकतम तापमान 38 डिग्री दर्ज किया गया। इससे पहले रविवार और शनिवार को अधिकतम तापमान 35 डिग्री था। सोमवार को बादलों की आवाजाही रहने के चलते सीकर में लोग उमस से परेशान हुए। अजमेर में 12.6 एमएम बारिश हुई अजमेर में सोमवार को अधिकतम तापमान 37 डिग्री और न्यूनतम तापमान 25.4 डिग्री रहा। बीते 24 घंटे में 12.6 एमएम बरसात दर्ज की गई। तापमान में गिरावट और बरसात के कारण गर्मी से राहत मिली। अलवर में दिनभर बादल छाए रहे अलवर में सोमवार को दोपहर से ही आसमान में बादल छाए रहे। राजगढ़ समेत आसपास के इलाकों में हुई बारिश से लोगों को भीषण गर्मी से राहत मिली। राजगढ़ कस्बे की सड़कों पर पानी भरा नजर आया। दिन का अधिकतम तापमान करीब 36 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। जो पिछले दिनों की तुलना में कम रहा। उदयपुर में बारिश के साथ तेज हवा चली उदयपुर में सोमवार शाम को धूलभरी हवा चली। इसके बाद बारिश हुई। मौसम एक्सपर्ट डॉ.आर.एस. देवड़ा ने बताया कि आगे भी बादल छाए रहने के साथ हवा चलेगी। आने वाले चार दिनों तक बादल छाए रहेंगे। तापमान में भी गिरावट होने की संभावना है।
गाजियाबाद में सूर्या चौहान हत्याकांड के 5 दिन बाद भी खोड़ा का बाजार बंद है। सूर्या का बीमार बड़ा भाई यश चौहान लोगों से बार-बार सिर्फ एक सवाल पूछ रहा- “सूर्या नहीं आएगा क्या?” और फिर खुद ही दबी जुबां में कहता- “सूर्या चला गया…।” इसी गम और गुस्से के बीच खोड़ा में 5वें दिन भी सन्नाटा पसरा है। बकरीद पर चाकू से हमला कर सूर्या को मारे जाने के बाद मुस्लिम व्यापारियों की दुकानें दहशत में नहीं खुलीं, जबकि हिंदू व्यापारियों का कहना है कि कारोबार से ज्यादा जरूरी सूर्या को न्याय दिलाना है। एनकाउंटर में मारे गए मुख्य आरोपी असद के घर पर बुलडोजर चले। पहले सूर्या को इंसाफ मिले, दुकानें तो बाद में देखेंगे। व्यापारियों से बातचीत और वहां के हालातों पर पढ़िए दैनिक भास्कर की ग्राउंड रिपोर्ट… 2 तस्वीरें देखिए- सूर्या की मां की तबीयत बिगड़ी, 400 जवान तैनात दरअसल, बकरीद के दिन (28 मई) खोड़ा में असद और उसके साथियों ने सूर्या की चाकू मारकर हत्या कर दी थी। रविवार (31 मई) तड़के पुलिस ने असद को एनकाउंटर में मार गिराया था। पुलिस ने साजिश रचने के आरोप में असद के पिता नवाब समेत 3 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पांचवां आरोपी अभी फरार है। खोड़ा में आज 5वें दिन बाद भी सन्नाटा पसरा है। मुख्य मार्ग पर पुलिस ने बैरियर लगा रखा है। यहां पुलिस और RRF तैनात है। हिंदू संगठनों के कार्यकर्ता नारेबाजी करते हुए सूर्या चौहान के घर तक पहुंच रहे हैं। सूर्या की मां सरोज की तबीयत खराब हो गई है। बेटे की मौत के बाद मां लगातार बेसुध हो रही हैं। सोमवार को हरिद्वार में गंगा में सूर्या की अस्थियां विसर्जित की गईं। इसके बाद घर के बाहर सूर्या की तस्वीर रखी गई, जहां आने-जाने वाले लोगों ने फूल चढ़ाकर श्रद्धांजलि दी। सुरक्षा के लिहाज से खोड़ा में सूर्या के घर के 1 किमी दायरे में एक कंपनी RRF, पुलिस समेत 400 जवान तैनात हैं। भाजपा नेता बोले- सभी बराबर दोषी, सबके घर तोड़े जाएं भाजपा नेता हरेंद्र सिंह पीड़ित परिवार को लंबे समय से जानते हैं। उन्होंने कहा कि असद की तरह फरार आरोपी का भी एनकाउंटर हो। इस हत्याकांड में जो भी शामिल हैं, सभी के घर टूटने चाहिए। सूर्या को मारने में सभी बराबर के दोषी हैं। जितना दोषी चाकू मारने वाला है, उतना ही दोषी हाथ पकड़ने वाला और पैर पकड़ने वाला है। सभी ने पूरी प्लानिंग के तहत सूर्या को मारा है। सभी हत्यारों को बराबर सजा मिले। मकान मालिक बोले- पिता की मौत के बाद बीमार हुआ यश सूर्या चौहान का परिवार किराए के मकान में रहता है। मकान मालिक पवन ने बताया- 15 साल से हम जानते हैं। पांच साल से यह परिवार हमारे यहां रह रहा है। करीब डेढ़ साल पहले सूर्या के पिता की बीमारी से मौत हो गई। उसके बाद ही सूर्या के बड़े भाई यश चौहान की तबीयत खराब रहने लगी। यश चौहान को कभी भी दौरे आने शुरू हो जाते हैं। उसका दिल्ली के जीटीबी अस्पताल से इलाज चल रहा है। बार-बार सूर्या की मम्मी सरोज कह रहीं हैं कि जो कामयाब था, वही बेटा चला गया। व्यापारी बोले- दुकान कैसे खोलें, हमें सुरक्षा मिले व्यापारी गौतम सिंह ने कहा- 4 दिन बाजार बंद रह चुका है। आगे भी बंद रख लेंगे। इतनी बड़ी घटना हो गई, दुकान खोलने की किसी की हिम्मत नहीं रही। मुस्लिम व्यापारियों की दुकानें भी बंद हैं। हमारी यही मांग है कि बाजार में सभी को सुरक्षा मिले। जिस तरह से सूर्या की हत्या की गई है, ऐसे तो किसी को भी बीच सड़क पर मार देंगे। इसलिए व्यापारियों को सुरक्षा चाहिए। कुमकुम मिश्रा बोली- सभी आरोपियों के घर बुलडोजर चले स्थानीय कुमकुम मिश्रा का कहना है कि हमारी रेडीमेड कपड़ों की दुकान है। बाजार बंद से कितना भी नुकसान हो जाए, लेकिन पहले न्याय चाहिए। पहले सूर्या को न्याय मिले। हत्या करने वाले जितने भी लोग रहे हैं, सभी का एनकाउंटर होना चाहिए। जिन्होंने सूर्या को मारा है, सभी के घर पर बुलडोजर चलना चाहिए। सूर्या हत्याकांड के सभी आरोपियों का प्रोफाइल जानिए… सोमवार को दिनभर क्या हुआ, पॉइंट्स में जानिए -------------------------- ये खबर भी पढ़िए- एनकाउंटर में ढेर असद के घर पर बुलडोजर चलेगा: SDM ने नोटिस चिपकाया; सोम बोले- जिहादी भूल गए सरकार किसकी गाजियाबाद में 11वीं के छात्र सूर्या चौहान की हत्या के आरोपी असद के घर पर बुलडोजर चलेगा। सोमवार को प्रशासन की टीम असद के घर पहुंची। घर के गेट पर ताला लगा था। इसके बाद एसडीएम ने अवैध कब्जा करके घर बनाने का नोटिस दरवाजे पर चिपकाया। इसमें कहा गया कि जिस जमीन पर मकान बना है, उस पर अवैध कब्जा किया गया है। असद के पिता नवाब को 15 दिनों के भीतर एसडीएम कार्यालय में अपना जवाब देना होगा। साथ ही अवैध कब्जा खुद हटाने के लिए भी कहा गया है। पढ़ें पूरी खबर…
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लखनऊ से लगभग 22 किमी दूर हरदोई हाईवे पर काकोरी कस्बा है। यहीं पर है ग्राम पंचायत 'दशहरी'। गांव के लोगों का दावा है कि यहां दुनिया का सबसे पुराना दशहरी आम का पेड़ है, जो करीब 300 साल पुराना है। गांव के लोग कहते हैं कि अफगानिस्तान से आए एक फकीर काकोरी के इस पेड़ की गुठली को लेकर मलिहाबाद पहुंचे और वहां दशहरी आम का पहला पेड़ लगाया। आज आम की खेती बढ़ते-बढ़ते 46 हजार बीघा में फैल चुकी है। दैनिक भास्कर की टीम जब इस ऐतिहासिक धरोहर का हाल जानने ग्राउंड जीरो पर पहुंची, तो कई दिलचस्प कहानियां सामने आईं। पढ़िए रिपोर्ट… फकीर ने पहले खुद खाया, पसंद आने पर मलिहाबाद में पेड़ लगवाए आज से करीब 200 साल पहले अफगानिस्तान के कंधार क्षेत्र से पलायन करके फकीर मोहम्मद खान उर्फ गोया राजस्थान के टोंक पहुंचा। उनके साथ अफरीदी पठानों का एक समुदाय था। गोया की कदकाठी और हथियार चलाने के ढंग को देख टोंक के नवाब ने उन्हें अपनी सेना में शामिल कर लिया। एक दिन फैजाबाद के नवाब शुजाउद्दौला टोंक आए। वहां पर उन्होंने गोया की तलवारबाजी और घुड़सवारी देखी। इससे खुश होकर उन्होंने टोंक के नवाब से कहा, 'ये पठान हमें दे दो।' शुजाउद्दौला, गोया से इतना प्रभावित हुए कि उन्होंने उसे अपनी सेना का कमांडर-इन-चीफ बना दिया। यही नहीं उन्होंने मलिहाबाद और मोहान जैसे कस्बों की हिफाजत का जिम्मा गोया के नाम कर दिया। इसके बाद पठानों ने मलिहाबाद में बसना शुरू किया। यहां मकान बनाए। ये वो दौर था, जब मलिहाबाद में आम के बाग नहीं हुआ करते थे। गोया ने इन कस्बों में रहते हुए यहां का मूलभूत विकास भी करवाया। एक दिन वह लखनऊ के रास्ते काकोरी होकर मलिहाबाद जा रहे थे। रास्ते में थकान मिटाने के लिए वह काकोरी में एक विशाल आम के पेड़ के नीचे बैठ गए। इस पेड़ पर दशहरी आम लदे हुए थे। उन्हें देख उस पेड़ का मालिक पुरुषोत्तम भी वहां पहुंचा। उसने गोया को आम तोड़कर खिलाए। फल खाकर गोया इतना खुश हुए कि उन्होंने मलिहाबाद में भी ऐसे ही पेड़ लगवाने का इरादा बना लिया। यही वो काकोरी का दशहरी आम का पेड़ था, जिसे आज लोग दशहरी का 'मदर ट्री' बोलते हैं। गोया ने नवाब से यहां दशहरी आम के बगीचे लगाने की इजाजत मांगी। शुजाउद्दौला ने हां कह दिया। इसके बाद मलिहाबाद में आम की खेती शुरू हुई और फकीर मोहम्मद उर्फ गोया मलिहाबादी आम उगाने वाले पहले व्यक्ति बने। आज 2 हजार स्क्वॉयर फीट में फैला है ये पेड़सबसे पुराना दशहरी आम का पेड़ 2 मायनों में खास दिखता है। 1. कम ऊंचाई, पर फैलाव ज्यादा. इसकी डालियां करीब 2,000 स्क्वॉयर फीट के दायरे में फैली हैं। इसका तना इतना चौड़ा है कि तीन लोग भी हाथ फैलाकर इसे पूरी तरह घेर नहीं सकते। जमीन से 5 फीट ऊपर उठते ही इसकी 10 विशाल टहनियां चारों तरफ फैल जाती हैं। 2. इस पेड़ के दायरे में दूसरा बड़ा पेड़ नहीं. जिस बाग में ये पेड़ लगा हुआ था। इसके आसपास कोई दूसरा आम का पेड़ इतना विशाल नहीं था। पेड़ का मालिक पूरा गांव, सब देखभाल करते हैं…पेड़ देखकर हम गांव की तरफ चले। यहां हमारी मुलाकात 55 साल के भगवानदीन से हुई। वे बताते हैं, ‘इस पेड़ का कोई मालिक नहीं है, इसकी देखभाल पूरा गांव करता है। कोई पानी, कोई खाद तो कोई इस पेड़ पर दवा वगैरह डाल देता है, ताकि कीड़े न लगें। इस देखभाल का नतीजा है कि ये पेड़ 300 साल से अब तक जिंदा है। सूखा नहीं। पास ही ट्यूबवेल है, जिससे इसकी सिंचाई होती है।’ भगवानदीन आगे कहते हैं, 'जब से होश संभाला, इस पेड़ को ऐसे ही खड़े देखा है। इससे पुराना आम का पेड़ यहां कोई नहीं। हालांकि, इस बार पेड़ पर आम कम आए हैं।' गांव के लोग बोले, ‘दूर-दूर से लोग सिर्फ पेड़ देखने आते हैं’ गांव के विनय कुमार कहते हैं, ‘हमारी छोड़िए, हमारे बाप-दादा भी नहीं जानते कि ये पेड़ कितना पुराना है। लोग कहते हैं कि 300 साल पुराना है, लेकिन मुझे लगता है 500 साल से ज्यादा पुराना होगा। इसी पेड़ की गुठलियां ले जाकर लोगों ने मलिहाबाद और देश-दुनिया में दशहरी के पेड़ लगाए। यही वजह है कि अब इस पेड़ को ‘मदर ट्री’ कहते हैं।’ वहीं, गांव के करन बताते हैं, ‘पिछले साल उन्होंने पहली बार इस पेड़ का आम चखा था। स्वाद लाजवाब और एकदम अनूठा था। आज भी इस पेड़ को देखने के लिए दूर-दूर से लोग आते हैं। हम इस गांव के रहने वाले हैं, ये सब देखकर अच्छा लगता है।’ जब लगा कि पेड़ नहीं बचेगा 4 साल पहले सूख गया था, काफी मुश्किल से फिर हरा हुआ दशहरी का ये पेड़ आज तक जिंदा है। इसके पीछे एक परिवार की तीन पीढ़ियों की लगन और मेहनत है। इसकी देखरेख करने वाले विकास यादव बताते हैं, ‘मैं पेड़ की देखभाल करता हूं, मुझसे पहले पापा और उनसे पहले बाबा देखभाल करते आए हैं। वैसे तो पूरा गांव ही इस काम में मदद करता है।’ विकास कहते हैं, ‘चार साल पहले एक वक्त ऐसा आया कि पेड़ की सारी पत्तियां सूखकर गिर गईं। तब लगा कि अब ये पेड़ नहीं बचेगा, लेकिन हम लोगों ने हार नहीं मानी, जड़ों में पानी दिया, गोबर की खाद डाली गई, खूब देखरेख की। कुछ ही दिन बाद पेड़ फिर से हरा-भरा हो गया। हालांकि, काफी पुराना पेड़ होने की वजह से अब इसके आम बहुत बड़े नहीं होते, पर मिठास आज भी बेमिसाल है।’ पेड़ की वजह से डंपिंग एरिया बनने से बचा गांव अखिलेश सरकार में ‘धरोहर’ मानकर गांव को प्रोजेक्ट मिलेहमने विकास से पूछा, क्या इस पेड़ के चलते गांव को कभी कोई फायदा मिला है? वे बताते हैं, ‘साल 2012 की बात है। जब अखिलेश यादव मुख्यमंत्री बने, तब इस धरोहर के सम्मान में गांव के लिए 14 करोड़ रुपए की योजनाएं मिलीं। उन पैसों से बहुत काम हुआ। हालांकि, पूरा पैसा खर्च नहीं हो पाया, इसलिए कई चीजें अधूरी रह गईं।’ विकास कहते हैं, ‘इस गांव को कूड़ा डंपिंग जोन बनाने का प्लान था। इसे लेकर लोग परेशान हो गए। यहां कूड़ा डंप होने लगता, तो गांव में रहना मुश्किल हो जाता। गांववालों ने इसका विरोध किया, लेकिन प्रशासन पर कोई असर ही नहीं पड़ा। तब दशहरी के इस पेड़ को आगे किया गया। कहा कि दशहरी का सबसे पुराना पेड़ खत्म हो जाएगा। तब जाकर कूड़ा डंपिंग प्रोजेक्ट यहां से हटाकर 10 किलोमीटर दूर पानखेड़ा में शिफ्ट किया गया।’ आम कितना फायदेमंद है, ये 3 स्लाइड में जानिए ------------------------------- ये खबर भी पढ़ें… मलिहाबादी आम आंधी-बारिश से 60% कम हुआ:इस बार ₹60 वाला ₹100-120 में मिलेगा; किसान बोले- देश के बाहर नहीं भेज पाएंगे यूपी में मलिहाबाद के दशहरी आम की पैदावार पर आंधी-बारिश का असर पड़ा है। सिर्फ 40% पेड़ों पर ही आम आए हैं। इस साल पैदावार कम हुई, इसलिए बाजार में आम कुछ महंगा बिकेगा। किसान मानते हैं कि 50-60 रुपए किलो के भाव पर बिकने वाला आम इस सीजन 100-120 रुपए किलो तक मिलेगा। पूरी खबर पढें…
यूपी में समाजवादी पार्टी 2027 के विधानसभा चुनाव से पहले संभावित कैंडिडेट्स का सर्वे करवा रही है। टिकट के दावेदार जमीन पर कितने मजबूत हैं, इसको 2 तरह से जांचा जा रहा है। सर्वे की मॉनिटरिंग खुद अखिलेश यादव कर रहे हैं। पार्टी सूत्रों का दावा है कि इस बार टिकट वितरण में सर्वे और फीडबैक को प्राथमिकता दी जाएगी। सिफारिशें नहीं चलेंगी। सपा उन्हीं चेहरों को मैदान में उतारेगी, जिनका अपने क्षेत्र में मजबूत जनाधार होगा। छवि बेदाग होगी और वो जिताऊ कैंडिडेट होंगे। सर्वे टीम की कमान रिटायर्ड आईएएस आलोक रंजन संभाल रहे हैं। उन्होंने अपनी रिपोर्ट में कांग्रेस को 70 से 75 सीटें देने का सुझाव दिया है। रिटायर्ड IAS कर रहे सपा की मददयूपी की 403 विधानसभा सीटों पर सपा अपने संभावित दावेदारों पर काम शुरू कर चुकी है। सूत्रों के मुताबिक, यूपी सरकार के रिटायर्ड IAS अफसर आलोक रंजन इसकी कमान संभाल रहे हैं। उनकी अगुआई में लखनऊ के गोमतीनगर में एक ऑफिस भी बनाया गया है। यहां लखनऊ की एक यूनिवर्सिटी के अर्थशास्त्र विभाग के एक प्रोफेसर, 2 रिसर्च स्कॉलर, कई सपोर्ट स्टाफ संभावित चेहरों पर काम तकरीबन पूरा कर चुके हैं। इस टीम ने उम्मीदवारों के सिलेक्शन से जुड़ी एक रिपोर्ट तैयार कर ली है। इसमें सपा के सीटवार संभावित प्रत्याशियों के नाम हैं। इस रिपोर्ट में इस तरह के सवालों का जिक्र है। जैसे- इस रिपोर्ट को सपा संगठन की कोर कमेटी के सामने रखा जाएगा। इसके बाद ही तय होगा कि किस सीट पर कौन सपा का कैंडिडेट होगा। गठबंधन होने पर सपा 70-75 सीटें कांग्रेस को दे सकती हैरिटायर्ड IAS अफसर की टीम ने अपनी रिपोर्ट में सुझाव दिया है कि सपा का 2022 के विधानसभा चुनाव में यूपी की करीब 71 सीटों पर प्रदर्शन कमजोर रहा था। अगर सपा का कांग्रेस से गठबंधन होता है, तो कांग्रेस 100 से ज्यादा सीटों पर चुनाव लड़ने का दबाव बना सकती है। जबकि सपा की कोशिश होनी चाहिए कि वह 70 से 75 सीटें ही दे। हालांकि, मुस्लिम बहुल सीटों पर खींचतान हो सकती है। जैसे कि 2024 के लोकसभा चुनाव में सहारनपुर में कांग्रेस पार्टी जीत गई थी, अमरोहा में कांग्रेस पार्टी का प्रत्याशी नंबर 2 पर रहा था। ऐसे में कांग्रेस इन सीटों की डिमांड कर सकती है। 2022 और 2024 के चुनावों में टिकट वितरण को लेकर हुए विवादों के कारण ही सपा ने इस बार प्राइवेट एजेंसी से सर्वे कराने का फैसला लिया है। यूपी में हुए 2 चुनावों को जानिए… 2022 विधानसभा चुनाव: कैंडिडेट के सिलेक्शन में गुटबाजी हावी रही2022 के विधानसभा चुनाव नतीजों के बाद सपा के नेताओं ने माना कि टिकट वितरण में चूक हुई। भाजपा या अन्य दलों से आए नेताओं को तुरंत टिकट दिए जाने से पार्टी के पुराने और वफादार कार्यकर्ताओं में भारी नाराजगी देखी गई थी। आरोप लगे कि टिकट बांटने में जमीनी हकीकत या सर्वे के बजाय स्थानीय जिलाअध्यक्षों और बड़े नेताओं की व्यक्तिगत 'पैरवी' को तरजीह दी गई। कई जगहों पर गुटबाजी के आधार पर जिताऊ कैंडिडेट की अनदेखी की गई। पार्टी की आंतरिक समीक्षा में सामने आया कि कई सीटों पर बहुत मामूली अंतर से हार हुई। क्योंकि उम्मीदवार स्थानीय स्तर पर उतने लोकप्रिय नहीं थे। उनका बूथ मैनेजमेंट कमजोर था। 2024 लोकसभा चुनाव: पार्टी बार-बार टिकट बदलती रही 2024 के लोकसभा चुनाव के दौरान सपा का टिकट वितरण सबसे ज्यादा सुर्खियों और विवादों में रहा। मेरठ, मुरादाबाद, बदायूं और गौतमबुद्धनगर जैसी कई महत्वपूर्ण सीटों पर सपा ने दो से तीन बार अपने उम्मीदवार बदले। मुरादाबाद में मौजूदा सांसद एसटी हसन का टिकट काटकर आखिरी वक्त पर रुचिवीरा को दे दिया, जिससे स्थानीय स्तर पर उथल-पुथल मच गई थी। बदायूं में पहले धर्मेंद्र यादव को टिकट दिया गया, फिर उनका टिकट काटकर शिवपाल सिंह यादव को दिया गया और आखिर में शिवपाल के बेटे आदित्य यादव वहां से चुनाव लड़े। टिकटों की इस अदला-बदली के कारण सपा के भीतर की गुटबाजी खुलकर सामने आ गई थी। कांग्रेस और 'अपना दल (कमेरावादी)' की पल्लवी पटेल जैसे सहयोगियों के साथ भी सीटों के बंटवारे और उम्मीदवारों के चयन को लेकर सार्वजनिक रूप से विवाद सामने आए। सर्वे के बाद सपा को कैंडिडेट चुनना आसान होगा वरिष्ठ पत्रकार सिद्धार्थ कलहंस के मुताबिक, भाजपा-कांग्रेस 15-16 साल से ऐसे सर्वे करा रही हैं। अब सपा भी ऐसी एक्सरसाइज करा रही है। सपा-बसपा पहले पारंपरिक तरीकों से प्रत्याशियों का सिलेक्शन करती थी, जिसमें जिले के स्थानीय नेताओं से फीडबैक लेना होता था। 2022 के चुनाव में सपा ने इस स्ट्रेटजी पर काम किया था, लेकिन ज्यादातर जगह सफलता नहीं मिली। दरअसल, कई बार जिलों से नेताओं का जो फीडबैक आता है, वह पूर्वाग्रह पर आधारित होता है। सर्वे रिपोर्ट से स्थिति स्पष्ट होगी, कैंडिडेट चुनना आसान हो जाएगा। सिद्धार्थ कलहंस कहते हैं- अखिलेश यादव के लिए सीट नहीं जीत महत्वपूर्ण है। उनके लिए कैंडिडेट की जीत अहम होगी। यानी जिसके चुनाव जीतने की संभावना ज्यादा होगी, टिकट उसे ही मिलेगा। इसके लिए वह अपने करीबी या कद्दावर नेता का भी टिकट काट सकते हैं। ---------------------सपा की ये खबर भी पढ़ें - अखिलेश का ऑफर- विधायकी लड़नी है तो पहले पद छोड़ो:अब तक 4 नेताओं का इस्तीफा; लोकसभा चुनाव के वक्त भी यही दांव खेला था सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने पिछले दिनों पार्टी की बड़ी बैठक की। इसमें उन्होंने कहा- पार्टी के जो नेता या संगठन पदाधिकारी 2027 विधानसभा चुनाव लड़ना चाहते हैं, वो पद से इस्तीफा दें। अपना नाम हाईकमान के आगे रखें। आखिरी निर्णय पार्टी संगठन का होगा। पूरी खबर पढें…
शिक्षकों ने डीसी से कहा, वेतन व अन्य भुगतान की व्यवस्था जल्द करें
भास्कर न्यूज | गढ़वा जिले के 35वें उपायुक्त के रूप में पदभार ग्रहण करने के बाद पशुपति नाथ मिश्रा से झारखंड प्राथमिक शिक्षक संघ, गढ़वा के प्रतिनिधिमंडल ने शिष्टाचार मुलाकात की। उपायुक्त कार्यालय में आयोजित इस मुलाकात के दौरान संघ के पदाधिकारियों ने बुके भेंट कर उनका स्वागत व अभिनंदन किया। उन्होंने जिले के विकास व शिक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाने की दिशा में सफल कार्यकाल की शुभकामनाएं दीं। मुलाकात के दौरान संघ के जिलाध्यक्ष कमलेश्वर पांडेय ने जिले के प्रारंभिक शिक्षकों से जुड़ी विभिन्न ज्वलंत समस्याओं को विस्तार से उपायुक्त के समक्ष रखा। उन्होंने कहा कि सहायक आचार्य के पद पर कार्यरत कई शिक्षकों को अब तक भविष्य निधि (पीएफ) लेखा संख्या आवंटित नहीं की गई है। इसके कारण उन्हें आर्थिक व प्रशासनिक परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने इस प्रक्रिया को शीघ्र पूरा कराने की मांग की। उन्होंने संबंधित शिक्षकों के वेतन व अन्य देय भुगतान की व्यवस्था सुनिश्चित करने की मांग भी की। संघ की ओर से वर्ष 1994 बैच के शिक्षकों की वेतन विसंगति का मामला भी प्रमुखता से उठाया गया। प्रतिनिधिमंडल ने कहा कि इन समस्याओं का समाधान होने से शिक्षकों का मनोबल बढ़ेगा। विद्यालयों में शैक्षणिक वातावरण भी बेहतर होगा। संघ ने उपायुक्त से इन मामलों में आवश्यक पहल कर त्वरित कार्रवाई करने का आग्रह किया। उपायुक्त ने शिक्षक संघ के प्रतिनिधियों की बातों को गंभीरता से सुना। उन्होंने संबंधित मामलों की जांच कर आवश्यक व सकारात्मक कार्रवाई करने का आश्वासन दिया। उन्होंने कहा कि शिक्षकों की समस्याओं के समाधान के लिए प्रशासन पूरी संवेदनशीलता के साथ कार्य करेगा। नियमों के अनुरूप उचित कदम उठाए जाएंगे। शिक्षक संघ के पदाधिकारियों ने उपायुक्त के सकारात्मक आश्वासन पर संतोष व्यक्त किया। उन्होंने उम्मीद जताई कि लंबे समय से लंबित समस्याओं का जल्द समाधान होगा। इस अवसर पर झारखंड प्राथमिक शिक्षक संघ के जिलाध्यक्ष कमलेश्वर पांडेय के अलावा प्रभात रंजन सिंह, अरविंद कुमार द्विवेदी, कृष्ण मुरारी पांडेय सहित अन्य सदस्य उपस्थित थे। इधर, जिलाध्यक्ष ने उपायुक्त को बताया कि वर्ष 1994 में नियुक्त कुछ शिक्षकों का वेतन निर्धारण वर्ष 1995 में नियुक्त शिक्षकों की तुलना में कम है। इससे लंबे समय से असमानता की स्थिति बनी हुई है। उन्होंने मांग की कि प्रभावित शिक्षकों को वेतन संरक्षण का लाभ दिया जाए। उन्होंने वेतन निर्धारण में सुधार की मांग भी की, ताकि उन्हें न्याय मिल सके।
उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले सम्मानित
भास्कर न्यूज | गढ़वा गढ़वा शहर के बंधन मैरिज हॉल में आयोजित तीन दिवसीय द्वितीय गढ़वा जिला मार्शल आर्ट ट्रेनिंग कैंप का प्रशिक्षण शिविर संपन्न हो गया। इस अवसर पर मुख्य अतिथि के रूप में सदर अनुमंडल पदाधिकारी, गढ़वा, संजय पांडेय उपस्थित थे। विशिष्ट अतिथि के रूप में शिक्षाविद अलखनाथ पांडेय उपस्थित थे। गढ़वा जिला कराटे संघ के अध्यक्ष जितेंद्र सिन्हा भी मौजूद थे। मौके पर अतिथियों ने उत्कृष्ट प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे 60 प्रशिक्षु खिलाड़ियों को प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया। सम्मानित खिलाड़ियों में प्रकृति आनंद देव, ओम आनंद देव, कृष्ण आनंद देव, झूलन कुमारी, सुप्रिया कुमारी, डॉली कुमारी, शाहीन परवीन, शायद रंगसाज, नजीर अंसारी, सेजल श्रीवास्तव, समीर कुमार चौबे, पुण्य प्रसून, सत्यम कुमार, अदिति पांडेय, अनुराग पांडेय, आदित्य कुमार मेहता, वानिया साफी सिद्दीकी, अर्चना कुमारी, सत्यम कुमार, हिमांशु कुमार, अभय यादव, हैप्पी, जयराज, ओमप्रकाश, सूरज कुमार, नंदनी कुमारी, उमर अब्दुल्लाह समेत अन्य लोग शामिल हैं।
स्वदेशी वस्तुओं के उपयोग पर जोर
भास्कर न्यूज | गढ़वा स्वदेशी जागरण मंच की गढ़वा शाखा की बैठक रविवार शाम पुरानी बाजार स्थित जी.एन. कान्वेंट स्कूल में हुई। बैठक में स्वदेशी वस्तुओं को अपनाने सहित 13 और 14 जून को होने वाले कार्यक्रम को सफल बनाने पर विस्तार से समीक्षा की गई। बैठक में उपस्थित लोगों को संबोधित करते हुए क्षेत्रीय संगठक अजय उपाध्याय ने कहा कि आगामी 13 और 14 जून को राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के चेतना स्थित कार्यालय में कार्यक्रम का आयोजन किया जाएगा। इसमें झारखंड प्रदेश के सभी क्षेत्रों से राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के पदाधिकारियों सहित जिले के सभी प्रखंडों से काफी संख्या में महिला-पुरुषों को आमंत्रित किया गया है। स्वदेशी वस्तुओं के प्रयोग और अपने देश भारत के विकास के लिए स्वदेशी जागरण मंच के कार्यकर्ता सक्रिय भूमिका निभा रहे हैं। कार्यक्रम में सांसद विष्णु दयाल राम भी शामिल होंगे। वे स्वदेशी वस्तुओं को अपनाने के लिए लोगों को संबोधित करेंगे। भाजपा नेता डॉ. पातंजली केशरी ने कहा कि देश की अर्थव्यवस्था को मजबूत करने के लिए हमें अपने देश में बनी वस्तुओं के प्रयोग को बढ़ावा देना होगा। इससे हमारे देश के कुटीर उद्योग और व्यापारियों को बढ़ावा मिलेगा। स्वदेशी वस्तुओं के प्रयोग से देश का पैसा देश में ही रहता है। उक्त मौके पर जिला संयोजक रामसरीख चंद्र, मुरली श्याम तिवारी, प्रमोद चौबे, रामाशंकर चौबे, यशवंत कुमार मिश्रा, शिव शंकर प्रसाद सोनी, मीना देवी, मीना केशरी, संध्या केशरी, अंकिता दास, मीरा यादव, विभा प्रकाश, उषा देवी, विद्योतमा केशरी, आर्या आदि थे।
गढ़वा : टेंपो पलटने से सात लोग घायल
गढ़वा | गढ़वा चिनिया मार्ग पर बबई नदी के पास सोमवार को टेंपो पलटने से सात लोग घायल हो गए। घायलों में मेराल थाना क्षेत्र के दुलदुलवा गांव निवासी चंदू बैठा का पुत्र सतीश कुमार रजक 18 वर्ष, मनोज बैठा का पुत्र शिवु कुमार रजक 17 वर्ष, जगनारायण बैठा का पुत्र हरिओम कुमार रजक 18 वर्ष अरविंद चंद्रवंशी का पुत्र अमन कुमार चंद्रवंशी 19 वर्ष, रमेश चंद्रवंशी का पुत्र परदेसी कुमार चंद्रवंशी 18 वर्ष आदि के नाम शामिल हैं। सभी को इलाज के लिए गढ़वा सदर अस्पताल में भर्ती किया गया है। घटना के संबंध में परिजनों ने बताया कि सभी लोग एक टेंपो पर सवार होकर अपने घर से गढ़वा कोचिंग पढ़ने के लिए आ रहे थे। इसी क्रम में पेसका गांव स्थित बबई नदी के पास तेज गति होने के कारण टैम्पो अनियंत्रित होकर दुर्घटनाग्रस्त हो गया।
नगर परिषद की एक करोड़ में खरीदी गई 100 में 46 डस्टबिन कबाड़
भास्कर न्यूज | गढ़वा नगर परिषद गढ़वा की कचरा प्रबंधन व्यवस्था एक बार फिर सवालों के घेरे में है। शहर की जीवनरेखा मानी जाने वाली दानरो नदी इन दिनों नगर परिषद के लिए अस्थायी डंपिंग साइट बन गई है। स्थिति यह है कि मिनी बायपास के समीप दानरो नदी के किनारे नगर क्षेत्र के 21 वार्डों से निकलने वाला कचरा प्रतिदिन डंप किया जा रहा है। दूसरी ओर बड़ी संख्या में खराब हो चुके लोहे के डस्टबिन सड़क किनारे रखे गए हैं। इससे क्षेत्र की सुंदरता और स्वच्छता दोनों प्रभावित हो रही हैं। जानकारी के अनुसार, मिनी बायपास के पास सड़क किनारे 36 जर्जर लोहे के डस्टबिन पड़े हुए हैं। 10 अन्य डस्टबिन प्रखंड कार्यालय परिसर में रखे गए हैं। इस प्रकार कुल 46 डस्टबिन वर्तमान में अनुपयोगी अवस्था में पड़े हैं। उल्लेखनीय है कि नगर परिषद ने वर्ष 2022-23 में लगभग एक करोड़ रुपए की लागत से 100 लोहे के डस्टबिन खरीदे थे। इन डस्टबिनों को शहर के विभिन्न वार्डों में स्थापित कर कचरा प्रबंधन व्यवस्था को सुदृढ़ बनाने की योजना थी। खरीदारी के महज दो वर्ष के भीतर लगभग आधे डस्टबिन कबाड़ में तब्दील हो गए हैं। इस मामले में नगर परिषद के कार्यपालक पदाधिकारी सुशील कुमार ने कहा कि लोहे के डस्टबिनों के हुक और अन्य हिस्से क्षतिग्रस्त हो गए हैं, जिसके कारण उन्हें मरम्मत के लिए रखा गया है। मरम्मत कार्य पूरा होने के बाद आवश्यकता के अनुसार डस्टबिनों को पुनः विभिन्न वार्डों में स्थापित किया जाएगा। दावा किया कि अगले एक-दो महीने के भीतर दानरो नदी में कचरा डंपिंग का कार्य पूरी तरह बंद कर दिया जाएगा। ^कई डस्टबिन जर्जर हो चुके हैं और उनकी मरम्मत कराई जा रही है। नगर परिषद दानरो नदी में कचरा फेंकने पर रोक लगाने के लिए प्रयासरत है तथा जल्द ही इसके लिए वैकल्पिक व्यवस्था सुनिश्चित की जाएगी।^ -दौलत सोनी, नगर परिषद अध्यक्ष मरम्मत पूरी होने के बाद वार्डों में भेजे जाएंगे डस्टबिन
बेकाबू बस पेड़ से टकराकर पलटी, खलासी चला रहा था वाहन
भास्कर न्यूज | केतार दासीपुर में प्रेमनाथ प्रसाद के घर के समीप तेज रफ्तार ट्रैक्टर और बाइक की आमने-सामने जोरदार टक्कर हो गई। हादसे में बाइक सवार युवक की मौत हो गई। टक्कर की आवाज इतनी तेज थी कि आसपास के लोग दौड़कर मौके पर पहुंच गए। घायल युवक को निजी वाहन से तत्काल भवनाथपुर स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया गया। वहां चिकित्सकों ने उसकी नाजुक हालत को देखते हुए बेहतर इलाज के लिए सदर अस्पताल गढ़वा रेफर कर दिया। परंतु अस्पताल पहुंचते ही उसकी मृत्यु हो गई। प्राप्त जानकारी के अनुसार, मृतक युवक की पहचान खरौंधी थाना क्षेत्र के करीवाडीह गांव निवासी 22 वर्षीय नवेज आलम (पिता कौसर अली) के रूप में हुई है। वह बाइक से केतार के बेलाबार गांव जा रहा था। तभी केतार से मोटंगवा की ओर जा रहे ट्रैक्टर से उसकी टक्कर हो गई। बताया जा रहा है कि ट्रैक्टर मोटंगवा स्थित एक ईंट भट्ठे का है। घटना की सूचना मिलते ही केतार थाना पुलिस मौके पर पहुंची और मामले की जांच-पड़ताल शुरू कर दी है। भवनाथपुर| दासीपुर गांव में सोमवार की सुबह बाइक और ट्रैक्टर की टक्कर में एक युवक गंभीर रूप से घायल हो गया। घायल युवक नाम खरौंधी थाना क्षेत्र के करीवाडीह निवासी नवेश अंसारी पिता कौसर अंसारी बताया जा रहा है। नवेस अंसारी केतार थाना क्षेत्र के बेलाबार स्थित अपने रिश्तेदार के घर बाइक से जा रहा था, इसी दौरान दासीपुर के पास अचानक सामने से आ रहा एक ट्रैक्टर से उसकी बाइक की जोरदार टक्कर हो गई। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि नवेस अंसारी मौके पर ही गंभीर रूप से घायल हो गए। उन्हें तुरंत सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र भवनाथपुर लाया गया, यहां प्राथमिक उपचार के बाद बेहतर इलाज के लिए सदर अस्पताल गढ़वा रेफर कर दिया गया। खरौंधी |वाराणसी से केतार लौट रही सोनभद्र बस रविवार की देर रात खरौंधी प्रखंड के चंदनी गांव के समीप अनियंत्रित होकर पलट गई। यह दुर्घटना रात करीब 11:30 बजे हुई। गनीमत रही कि बस में सवार सभी यात्री सुरक्षित रहे और किसी के गंभीर रूप से घायल होने की सूचना नहीं है। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार बस चालक अचानक नियंत्रण खो बैठा और सड़क किनारे खाई में पलट गई। हादसे के बाद यात्रियों में अफरातफरी मच गई। शोर सुनकर आसपास के ग्रामीण मौके पर पहुंचे और सभी यात्रियों को सुरक्षित बाहर निकालने में मदद की। यह दुर्घटना चंदनी गांव में अरविंद यादव के घर के पास हुई। उस समय परिवार के सदस्य घर में सो रहे थे। ग्रामीणों ने बताया कि घर के बगल में स्थित पेड़ और बिजली के पोल से टकराने के बाद बस खाई में पलट गई। यदि बस सीधे घर की ओर बढ़ती तो बड़ा हादसा हो सकता था। पेड़ और पोल बस की रफ्तार को रोक दिया, जिससे एक बड़ी अनहोनी टल गई। स्थानीय लोगों के अनुसार दुर्घटना के पीछे चालक को नींद आना या वाहन संचालन में लापरवाही कारण हो सकता है। वहीं कुछ प्रत्यक्षदर्शियों ने आरोप लगाया कि चालक ने वाहन खलासी को सौंप दिया था, जिससे बस अनियंत्रित हो गई। हालांकि इन दावों की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। बताया जाता है कि सोनभद्र बस प्रतिदिन कांडी से वाराणसी के बीच संचालित होती है। दुर्घटना की सूचना मिलने पर स्थानीय पुलिस और ग्रामीण मौके पर पहुंचे तथा स्थिति का जायजा लिया। सभी यात्रियों को सुरक्षित निकाल लिया गया।ग्रामीणों ने प्रशासन से दुर्घटना की जांच कर आवश्यक कार्रवाई की मांग की है। हादसे में किसी के हताहत नहीं होने से यात्रियों और उनके परिजनों ने राहत की सांस ली। यह दुर्घटना क्षेत्र में चर्चा का विषय बनी हुई है।
पेट्रोल-डीजल महंगा होने से 50 की जगह 10 ममता वाहन ही हो रही संचालित
भास्कर न्यूज | गढ़वा मातृ और शिशु स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत बनाने के लिए सरकार द्वारा कई महत्वाकांक्षी योजनाएं संचालित की जा रही है। इनमें संस्थागत प्रसव को बढ़ावा देने और प्रसूताओं को अस्पताल से सुरक्षित घर पहुंचाने के लिए ममता वाहन योजना भी शामिल है। लेकिन गढ़वा जिले में पिछले कुछ समय से इस योजना का लाभ जरूरतमंद महिलाओं तक पूरी तरह नहीं पहुंच पा रहा है। पेट्रोल और डीजल की लगातार बढ़ती कीमतों के कारण ममता वाहन सेवा प्रभावित हो गई है, जिससे प्रसूताओं और उनके परिजनों की परेशानियां बढ़ गई हैं। जिले में ममता वाहन योजना के तहत लगभग 50 वाहन संचालित होते थे। लेकिन बढ़ती ईंधन कीमतों और संचालन लागत के कारण अब जिले में केवल 10 ममता वाहन ही सक्रिय बचे हैं। इससे मांग और उपलब्धता के बीच बड़ा अंतर पैदा हो गया है। बताया जा रहा है कि ममता वाहन संचालकों को वर्तमान में लगभग 9 रुपए प्रति किलोमीटर की दर से भुगतान किया जाता है। वाहन मालिकों का कहना है कि मौजूदा परिस्थितियों में इस राशि से डीजल, वाहन रखरखाव और अन्य खर्च निकालना मुश्किल हो गया है। नतीजतन कई वाहन संचालकों ने इस योजना से दूरी बना ली है। इसका सीधा असर प्रसूताओं और नवजात शिशुओं पर पड़ रहा है। इधर, परिजनों का कहना है कि सरकार संस्थागत प्रसव को बढ़ावा देने के लिए करोड़ों रुपये खर्च कर रही है, लेकिन यदि अस्पताल से घर तक पहुंचाने की सुविधा ही उपलब्ध नहीं होगी तो योजना का उद्देश्य प्रभावित होगा। कई गरीब परिवारों को मजबूरी में निजी वाहनों का सहारा लेना पड़ रहा है, जिसके लिए उन्हें अतिरिक्त पैसे खर्च करने पड़ते हैं। लोगों का मानना है कि यदि समय रहते इस समस्या का समाधान नहीं किया गया तो मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य योजनाओं पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ेगा। ^मुझे मामले की जानकारी नहीं है। अगर किसी को ममता वाहन उपलब्ध नहीं हो पा रहा है, तो इसकी सूचना दे। वहीं जितने ममता वाहन रजिस्टर्ड हैं, उन्हें सेवा देना होगा। अन्यथा ममता वाहन के मालिकों पर कार्रवाई की जाएगी। -डॉ. जॉन एफ केनेडी, सीएस जानकारी के अनुसार, गढ़वा सदर अस्पताल में हाल ही में बंशीधर नगर क्षेत्र की महिला ने बच्चे को जन्म दिया। प्रसव के बाद चिकित्सकों ने मां और नवजात को स्वस्थ पाते हुए अस्पताल से छुट्टी दे दी। इसके बाद परिजन ममता वाहन की सुविधा लेने के लिए संबंधित काउंटर पहुंचे, लेकिन उन्हें वाहन उपलब्ध नहीं कराया जा सका। परिजनों का आरोप है कि उन्हें बताया गया कि ईंधन की बढ़ती कीमतों के कारण कई वाहन संचालक इस सेवा को जारी रखने में असमर्थ हैं।
डंडई के रारो में दुर्घटना में दंपती हुए घायल
गढ़वा | डंडई थाना क्षेत्र के रारो गांव निवासी अशोक कुमार सिंह और उसकी पत्नी हीरावती देवी (47 वर्ष) मोटरसाइकिल दुर्घटना में घायल हो गए। उसे इलाज के लिए गढ़वा सदर अस्पताल में भर्ती किया गया है। घटना के संबंध में अशोक ने बताया कि वह अपने घर से मोटरसाइकिल पर पत्नी को लेकर नगर ऊंटारी में मीटिंग में भाग लेने के लिए जा रहे थे। इसी क्रम में बोलेरो ने उसे धक्का मार दिया। इससे हीरावती देवी गंभीर रूप से घायल हो गई। घटना के बाद आसपास के लोगों के सहयोग से परिजनों ने उसे नगर ऊंटारी अनुमंडलीय अस्पताल में भर्ती कराया। जहां प्राथमिक उपचार के बाद हीरावती देवी की गंभीर स्थिति को देखते हुए चिकित्सकों ने बेहतर इलाज के लिए गढ़वा सदर अस्पताल रेफर कर दिया।
प्रखंडों में अवैध खनन तत्काल रोकें
भास्कर न्यूज | गढ़वा जिले में अवैध खनन, अवैध परिवहन एवं भंडारण पर प्रभावी नियंत्रण सुनिश्चित करने के उद्देश्य से समाहरणालय स्थित कार्यालय में जिला स्तरीय टास्क फोर्स की बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता उपायुक्त पशुपतिनाथ मिश्रा ने की। उन्होंने कहा कि बंशीधर नगर अनुमंडल के धुरकी, विशुनपुरा, केतार और खरौंधी प्रखंडों में अवैध खनन से जुड़े गंभीर मामले लगातार सामने आते हैं, जो अत्यंत चिंता का विषय है। इस पर रोक लगाने के लिए लगातार छापेमारी अभियान चलाने और कार्रवाई में तेजी लाने का निर्देश दिया गया। उपायुक्त ने सभी संबंधित विभागों को आपसी समन्वय के साथ संयुक्त छापेमारी अभियान, शिकायतों पर त्वरित कार्रवाई और दोषियों के विरुद्ध कठोर कानूनी कदम उठाने के निर्देश दिया। बैठक के दौरान उपायुक्त ने अवैध खनन एवं परिवहन से जुड़ी सड़क सुरक्षा चिंताओं को भी गंभीरता से उठाया। उन्होंने कहा कि रात्रि में अवैध खनन और परिवहन में लगी गाड़ियों की तेज रफ्तार के कारण दुर्घटनाएं एवं सड़क हादसे बढ़ रहे हैं। समाहरणालय सभागार में आयोजित बैठक में शामिल डीसी व अन्य।
सब्जियों में पानी निकास की व्यवस्था बनाए रखें : अशोक
गढ़वा | बाबू दिनेश सिंह विश्वविद्यालय, गढ़वा के कृषि व वानिकी संकाय के डीन डॉ. अशोक कुमार ने कहा कि दक्षिण-पश्चिम दिशा से आने वाली प्री-मानसूनी हवाएं और बंगाल की खाड़ी से आने वाली नमी-युक्त हवाएं झारखंड तक पहुंच रही हैं। इन दिनों दिन में तेज गर्मी के कारण धरातल बहुत गर्म हो जाता है। इससे हवा तेजी से ऊपर उठती है। यही नमी को ऊपर उठाकर गरज वाले बादलों का निर्माण कर रही है। झारखंड, बिहार, पश्चिम बंगाल और ओडिशा में अभी काल बैसाखी का समय चल रहा है। काल बैसाखी में अक्सर ऐसा होता है। पिछले 28 मई से मौसम बदला हुआ है। पूर्वानुमान के अनुसार गढ़वा में 8 से 15 जून के बीच मानसून के प्रवेश की संभावना है। इस सप्ताह अधिकतम तापमान लगभग 38 से 39 डिग्री और न्यूनतम 25 से 28 डिग्री सेल्सियस रहने का अनुमान है। मौसम पूर्वानुमान को देखते हुए खेतों के मेढ़ों को दुरुस्त कर लें। खरीफ फसलों के लिए बीज और खाद की व्यवस्था सुनिश्चित कर लें। धान नर्सरी की तैयारी शुरू करें। टांड़ के अलावा मध्यम जमीन में अरहर के साथ अन्य दलहन-तेलहन की अंतर्वर्ती खेती शुरू करें। सब्जियों में पानी निकास की व्यवस्था बनाए रखें। आंधी-तूफान एवं वज्रपात की स्थिति में खेतों में काम न करें। तालाबों में न उतरें। बड़े पेड़ों के नीचे खड़े न हों। उन्होंने कहा कि अल-नीनो का खतरा देखते हुए धान की खेती केवल निचले खेतों में ही करें। उसमें भी अधिक से अधिक मध्यम अवधि वाले उन्नत प्रभेदों, जैसे आईआर 64 डीआरटी1, ललाट, अभिषेक, बिरसा विकास धान 203, एमटीयू 1010, सीआर धान 305, शताब्दी, बिरसा विकास सुगंध, स्वर्ण शक्ति, स्वर्ण श्रेया, और हाइब्रिड में एराइज 6444 या एराइज तेज का चयन करना बेहतर होगा। बिल्कुल गहरे खेत, जिनमें पानी या नमी दिसंबर तक रहती हो, ऐसे खेतों में ही 145 से 150 दिन वाले प्रभेदों, जैसे स्वर्णा, संभा मंसूरी, उन्नत संभा मंसूरी, या राजश्री की खेती के बारे में सोचें। धान नर्सरी करने या अन्य फसलों की बुवाई से पूर्व बीजों को किसी भी फफूंदनाशक, जैसे कार्बेन्डाजिम, टेबुकोनाजोल, या डाइथेन एम 45 से जरूर उपचारित करें। डॉ. अशोक कृिष वैज्ञानिक गढ़वा । आप खेती-किसानी से जुड़े किस विषय पर जानकारी चाहते हैं, वॉट्सएप नंबर 8092597083 पर सिर्फ मैसेज करें।
म्यूटेशन मामलों के लंबित रहने पर उठाए सवाल
केतार| प्रखंड प्रमुख चंद्रावती देवी ने अंचल कार्यालय में म्यूटेशन (दाखिल-खारिज) के लंबित मामलों को लेकर चिंता जताते हुए मुख्यमंत्री को ट्विटर पर ट्वीट कर हस्तक्षेप की मांग की है। उन्होंने सोशल मीडिया के माध्यम से मुख्यमंत्री का ध्यान आकर्षित करते हुए कहा कि म्यूटेशन वाद संख्या 193, 194, 195, 196 एवं 197/2025-26 पिछले करीब ढाई माह से लंबित हैं।प्रमुख ने आरोप लगाया कि सभी मामलों में बार-बार एक जैसी आपत्ति (ऑब्जेक्शन) दर्ज कर प्रक्रिया को आगे नहीं बढ़ाया जा रहा है। जबकि आवेदकों द्वारा आवश्यक दस्तावेज जमा किए जाने के बावजूद मामलों का निष्पादन नहीं हो सका है। उन्होंने बताया कि आवेदकों में कई बुजुर्ग एवं अस्वस्थ लोग शामिल हैं, जिन्हें बार-बार अंचल कार्यालय का चक्कर लगाना पड़ रहा है।
टाइगर मोबाइल जवान को सेवानिवृत्त होने पर विदाई
सरायकेला| सरायकेला थाना में टाइगर मोबाइल जवान के रूप में करीब 10 वर्षों तक अपनी सेवा देने वाले राकेश मिश्रा के सेवानिवृत्त होने पर रविवार की शाम थाना परिसर में विदाई समारोह का आयोजन किया गया। इस दौरान थाना परिवार की ओर से उन्हें पुष्पगुच्छ, माला और स्मृति चिह्न भेंट कर सम्मानित किया गया तथा उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की गई। मौके पर थाना प्रभारी विनय कुमार सिंह ने कहा कि राकेश मिश्रा ने अपने 28 वर्षों के पुलिस सेवा काल में पूरी निष्ठा, ईमानदारी और समर्पण के साथ कार्य किया। उन्होंने कहा कि 10 वर्षों तक सरायकेला में रहकर आम लोगों की सेवा करना अपने आप में बड़ी उपलब्धि है। उनके कार्यकाल पर कभी कोई दाग नहीं लगा और उन्होंने अपनी जिम्मेदारियों का निर्वहन पूरी ईमानदारी से किया। ऐसे कर्मठ और अनुशासित पुलिसकर्मी विभाग के लिए प्रेरणास्रोत होते हैं।
अनुशासन बनाए रखने के लिए संजय और राजेश की सदस्यता समाप्त करने का निर्णय
भास्कर न्यूज | चाईबासा चाईबासा चैम्बर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज की 155वीं कार्यसमिति बैठक एक रेस्टोरेंट में चैम्बर अध्यक्ष संजय चौबे की अध्यक्षता में हुई। बैठक में व्यापार, उद्योग, संगठन विस्तार एवं सामाजिक सरोकारों से जुड़े विभिन्न महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तृत चर्चा करते हुए कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए। चाईबासा चैम्बर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज द्वारा सदर अस्पताल में रक्त की कमी को देखते हुए प्रत्येक वर्ष की भांति इस वर्ष भी जुलाई में वृहद रक्तदान शिविर आयोजित करने का निर्णय लिया गया। इसके साथ ही संगठन की गरिमा एवं अनुशासन बनाए रखने के उद्देश्य से कार्यसमिति द्वारा चाईबासा चैम्बर के संविधान में वर्णित प्रावधानों एवं धाराओं के अंतर्गत विचार-विमर्श के बाद संजय चावला और राजेश कुमार मोहता की सदस्यता समाप्त करने का निर्णय लिया गया। बैठक में इस वर्ष चाईबासा चैम्बर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज अपने गठन के 25वें वर्ष पर अपनी ऐतिहासिक उपलब्धियों को स्मरणीय बनाने के लिए नवंबर में भव्य रजत जयंती समारोह आयोजित करने का निर्णय लिया गया। रजत जयंती वर्ष के उपलक्ष्य में चाईबासा चैम्बर द्वारा विगत 25 वर्षों में संगठन द्वारा किए गए विभिन्न व्यापारिक, सामाजिक, जनहितकारी गतिविधियों, उपलब्धियों एवं योगदानों पर आधारित एक विशेष स्मारिका प्रकाशित किया जाएगा। बैठक में संगठन की आगामी योजनाओं, व्यापारिक हितों की रक्षा, स्थानीय उद्योगों के प्रोत्साहन एवं सामाजिक गतिविधियों को और अधिक प्रभावी बनाने पर भी व्यापक चर्चा की गई। बैठक में पूर्व अध्यक्ष सह आजीवन ट्रस्टी एवं वर्तमान नगर परिषद अध्यक्ष नितिन प्रकाश, निवर्तमान अध्यक्ष सह आजीवन ट्रस्टी मधुसूदन अग्रवाल, उपाध्यक्ष राजीव खिरवाल एवं दुर्गेश खत्री, सचिव नीरज संदवार, संयुक्त सचिव गोविंदा खेतान एवं विवेक सिन्हा, कार्यकारिणी सदस्यों तथा विभिन्न उपसमितियों के अध्यक्ष एवं सदस्य उपस्थित रहे।
जिले के 27 पुलिसकर्मियों का एसपी ने किया तबादला
सरायकेला| पुलिस अधीक्षक निधि द्विवेदी ने जिले के विभिन्न थाना क्षेत्रों में कार्यरत सशस्त्र पुलिस बल (सीटीसी एवं टीओपी ऑपरेटर) के 27 पुलिसकर्मियों का तबादला किया गया है। तबादला सूची के अनुसार देवदास महतो को आदित्यपुर थाना से कुचाई थाना, मनोजित कुंडू हेम्ब्रम को आदित्यपुर थाना से सरायकेला थाना और भगवत महतो को आदित्यपुर थाना से चौका थाना भेजा गया है। लाल कमल महतो को आरआईटी थाना से कपाली थाना और दुर्गाचरण महतो को गम्हरिया थाना से खरसावां थाना में पदस्थापित किया गया है। इसी प्रकार मृत्युंजय महतो को कपाली थाना से राजनगर थाना, जगन्नाथ गोप को कपाली थाना से कुचाई थाना, मनोज कुमार गोराई को चौका थाना से गम्हरिया थाना और महादेव प्रसाद साहू को चौका थाना से ईचागढ़ थाना, आदित्य पोद्दार को चांडिल थाना से कपाली थाना और विश्वजीत कपाड़ी को चांडिल थाना से राजनगर थाना स्थानांतरित किया गया है। अरविंद चौबे को कपाली ओपी से नीमडीह थाना, आशीष कुमार पोद्दार को नीमडीह थाना से सरायकेला थाना तथा बलराम महतो को नीमडीह थाना से चौका थाना, निरंजन डे को नीमडीह थाना से आदित्यपुर थाना तथा धनश्याम प्रमाणिक को तिरुलडीह थाना से आरआईटी थाना, सुनील उरांव को ईचागढ़ थाना से आदित्यपुर थाना, पंकज कुंडू मांझी को ईचागढ़ थाना से नीमडीह थाना तथा जितेंद्र गोराई को सरायकेला थाना से चांडिल थाना, राजकुमार लोहरा को सरायकेला थाना से खरसावां थाना, विवेक कुंडू गिरि को खरसावां थाना से आदित्यपुर थाना तथा ठाकुर हेम्ब्रम को खरसावां थाना से आरआईटी थाना, साधन रजक को कुचाई थाना से ईचागढ़ थाना, जगदीश सोरेन को कुचाई थाना से कपाली ओपी, संजय बिरुली को राजनगर थाना से तिरुलडीह थाना तथा श्याम चरण किस्कू को राजनगर थाना से चांडिल थाना स्थानांतरित किया गया है।
वार्ड संख्या 18 जिला परिषद डाक बंगला में हुआ राजस्व शिविर, नागरिकों ने उठाया लाभ
चाईबासा | भारत निर्वाचन आयोग के निर्धारित दिशा-निर्देशों के अनुरूप पश्चिमी सिंहभूम जिला निर्वाचन पदाधिकारी-सह-उपायुक्त मनीष कुमार के द्वारा सोमवार को निर्वाचन प्रक्रिया से संबंधित ईवीएम और वीवीपैट मशीनों के सुरक्षित भंडारण के िलए सदर अनुमंडल कार्यालय परिसर में स्थापित वेयरहाउस का त्रैमासिक निरीक्षण किया गया। उक्त निरीक्षण प्रक्रिया विभिन्न मान्यता प्राप्त राजनैतिक दलों के प्रतिनिधियों की उपस्थिति में पूर्ण पारदर्शिता के साथ संपन्न हुई। जिला निर्वाचन पदाधिकारी ने कहा कि निर्वाचन प्रक्रिया की विश्वसनीयता और पारदर्शिता को बनाए रखने में ईवीएम और वीवीपैट मशीनों का सुरक्षित संरक्षण अत्यंत महत्वपूर्ण है। इस अवसर पर उप निर्वाचन पदाधिकारी बंधन लॉन्ग, सदर अनुमंडल पदाधिकारी संजय कुमार, त्रिशानु राय, झामुमो के इकबाल अहमद, भाजपा के रंजन प्रसाद , निर्वाचन शाखा के कर्मी, सुरक्षा बल के प्रतिनिधि और अन्य उपस्थित रहे। गोइलकेरा| पिछले 27 मई को अचानक चली तेज आंधी और बारिश के बाद समीज फीडर से जुड़े पारलीपोस, दलकी और पोकाम गांवों में बिजली आपूर्ति पूरी तरह ठप हो गई है। लगातार पांच दिनों से बिजली नहीं रहने के कारण ग्रामीणों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। स्कूली बच्चों, बुजुर्गों और महिलाओं को ज्यादा परेशानी उठानी पड़ रही है। ग्रामीणों ने बताया कि आंधी-बारिश से बिजली के सप्लाई लाइन को भारी नुकसान पहुंचा था। जिसमें तीन बिजली के खंभे क्षतिग्रस्त होकर गिर गए। इसके कारण पूरे क्षेत्र की विद्युत आपूर्ति बाधित हो गई। पांच दिन बीत जाने के बावजूद अब तक बिजली विभाग की ओर से मरम्मत का कार्य पूरा नहीं किया जा सका है। जिससे लोगों में नाराजगी बढ़ती जा रही है। बिजली नहीं रहने से बच्चों की पढ़ाई बाधित हो रही है। चाईबासा | आम नागरिकों तक राजस्व व जनकल्याणकारी सेवाओं को सुलभ और प्रभावी ढंग से पहुंचाने के उद्देश्य से अंचल कार्यालय, सदर चाईबासा द्वारा वार्ड संख्या 18 स्थित जिला परिषद डाक बंगला परिसर में राजस्व शिविर का आयोजन किया गया। शिविर में बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिकों ने भाग लिया और विभिन्न योजनाओं और प्रमाण-पत्रों से संबंधित जानकारी व सेवाओं का लाभ प्राप्त किया। शिविर के दौरान सामाजिक सुरक्षा योजनाओं के प्रति लोगों में विशेष रुचि देखने को मिली। कुल 15 पेंशन आवेदन प्रपत्र प्राप्त किए गए, जिन्हें आवश्यक प्रक्रिया के तहत आगे की कार्रवाई के लिए स्वीकार किया गया। इसके अतिरिक्त नागरिकों को आय, आवासीय, जाति प्रमाण-पत्र सहित विभिन्न सरकारी योजनाओं और सेवाओं की जानकारी उपलब्ध कराई गई और सभी लाभुकों को आवश्यक मार्गदर्शन प्रदान किया गया। शिविर में नगर परिषद अध्यक्ष नितिन प्रकाश, अंचल अधिकारी सदर उपेन्द्र कुमार, वार्ड पार्षद बेला जेराई और सीआरपी अनीता मिश्रा उपस्थित रहे।
बाबूलाल मरांडी से मिले भाजपा जिला उपाध्यक्ष, संगठन मजबूत करने पर चर्चा
भास्कर न्यूज | सरायकेला भाजपा के जिला उपाध्यक्ष सह जिला परिषद सदस्य शंभू मंडल ने राज्य के प्रथम मुख्यमंत्री सह पूर्व प्रदेश अध्यक्ष बाबूलाल मरांडी के जमशेदपुर आगमन पर उनसे शिष्टाचार मुलाकात की। इस दौरान उन्होंने सरायकेला-खरसावां जिले की वर्तमान स्थिति, संगठनात्मक गतिविधियों और जनसरोकार से जुड़े विभिन्न विषयों पर विस्तार से चर्चा की। शंभू मंडल ने जिले में भाजपा संगठन द्वारा संचालित कार्यक्रमों, कार्यकर्ताओं की सक्रियता तथा ग्रामीण क्षेत्रों में पार्टी के जनाधार को मजबूत करने के लिए किए जा रहे प्रयासों की जानकारी दी। उन्होंने जिले की प्रमुख समस्याओं और विकास से जुड़े मुद्दों से भी बाबूलाल मरांडी को अवगत कराया। मुलाकात के दौरान बाबूलाल मरांडी ने संगठन को और मजबूत बनाने और आम लोगों के बीच पार्टी की नीतियों और कार्यक्रमों को पहुंचाने पर जोर दिया। उन्होंने कार्यकर्ताओं को जनता के हितों से जुड़े मुद्दों को प्राथमिकता के साथ उठाने और संगठनात्मक गतिविधियों को और गति देने का आह्वान किया।शंभू मंडल ने कहा कि बाबूलाल मरांडी का मार्गदर्शन कार्यकर्ताओं के लिए प्रेरणास्रोत है तथा उनके सुझावों से संगठन को और मजबूती मिलेगी।
लंबित मामलों के शीघ्र निबटारे के दिए निर्देश
गुमला|डीसी दिलेश्वर महतो की अध्यक्षता में समाहरणालय सभागार में जिला भू-अर्जन कार्यालय, गुमला द्वारा संचालित राष्ट्रीय राजमार्ग व राजकीय राजमार्ग से संबंधित विभिन्न सड़क निर्माण योजनाओं की समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में जिला भू-अर्जन पदाधिकारी महेश महतो सहित संबंधित विभागों के पदाधिकारी व कर्मी उपस्थित रहे। बैठक के दौरान राष्ट्रीय राजमार्ग से संबंधित पलमा-गुमला पथ चौड़ीकरण योजना, भारतमाला परियोजना अंतर्गत सीजी/झारखंड बॉर्डर से गुमला तक (एनएच-43), गुमला बाइपास सड़क निर्माण योजना व एनएच-143डी जमटोली- रांची- संबलपुर इकोनॉमिक कॉरिडोर सहित विभिन्न योजनाओं की अद्यतन स्थिति की समीक्षा की गई। इसके अतिरिक्त राजकीय राजमार्गों से संबंधित संचालित योजनाओं की प्रगति और भूमि अधिग्रहण से जुड़े मामलों पर भी विस्तार से चर्चा की गई। समीक्षा के क्रम में पलमा-गुमला पथ निर्माण कार्य के दौरान भू-अर्जन संबंधी विभिन्न बाधाओं और समस्याओं की जानकारी प्राप्त हुई। डीसी ने संबंधित अधिकारियों को स्थल निरीक्षण कर समस्याओं का त्वरित निराकरण सुनिश्चित करने व निर्माण कार्य को निर्बाध रूप से संचालित करने का निर्देश दिया। बैठक में भूमि अधिग्रहण से संबंधित लंबित और विवादित मामलों की भी समीक्षा की गई। डीसी ने सभी संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि लंबित विवादों का नियमानुसार शीघ्र निष्पादन करते हुए वैध रैयतों और दावेदारों को मुआवजा राशि का भुगतान सुनिश्चित किया जाए। एनएच-43 परियोजना की समीक्षा के दौरान बताया गया कि भू-अर्जन के एवज में अब तक लगभग 83.1 प्रतिशत भुगतान किया जा चुका है। डीसी ने शेष लंबित भुगतानों को भी निर्धारित समयावधि में पूर्ण करने का निर्देश दिया। रायडीह अंचल से संबंधित लंबित भूमि मामलों की समीक्षा करते हुए डीसी ने अंचलाधिकारी, रायडीह को आवश्यक प्रतिवेदन अविलंब जिला मुख्यालय को उपलब्ध कराने का निर्देश दिया। वहीं पथ निर्माण विभाग (आरसीडी) को सड़क अलाइनमेंट से संबंधित आवश्यक तकनीकी सुधार और समन्वय स्थापित करते हुए कार्यों में तेजी लाने का निर्देश दिया गया।
नागरिकों की समस्याओं का समय से करें निपटारा
भास्कर न्यूज | रोहतक डीसी सचिन गुप्ता ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे समाधान शिविरों में प्राप्त हर शिकायत का सकारात्मक दृष्टिकोण के साथ समयबद्ध उचित निपटारा करें। अधिकारी नागरिकों को विभागीय कार्यवाही से संतुष्ट करें ताकि समस्याओं का स्थायी का समाधान हो सके। सचिन गुप्ता ने कहा कि अधिकारी नागरिकों की हर समस्या का यथासंभव शीघ्र निपटारा करें। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के निर्देशानुसार हर सोमवार व वीरवार को सुबह 10 से 12 बजे तक जिला मुख्यालय एवं उपमंडल मुख्यालयों पर समाधान शिविर आयोजित किए जा रहे हैं। इन शिविरों में सभी विभागों से संबंधित समस्याओं की एक छत के नीचे सुनवाई की जाती है तथा संबंधित विभागों के उच्चाधिकारी इन शिविरों में उपस्थित रहकर समस्याओं के निपटारे की प्रक्रिया पूरी कर रहे हैं। उन्होंने कि जिला प्रशासन द्वारा नागरिकों का फीडबैक जानने के लिए कॉलिंग सेल स्थापित किया गया है। इस सेल द्वारा शिकायतकर्ताओं से फीडबैक लेकर ही समस्याओं का निपटारा किया जा रहा है। जिला प्रशासन द्वारा समाधान शिविरों में प्राप्त समस्याओं के निपटारे की निरंतर समीक्षा की जा रही है। सभी विभागाध्यक्षों को निर्देश दिये गए है कि वे इन शिविरों की लंबित व रि-ओपन हुई शिकायतों का तुरंत उचित निपटारा करवाये। पंचायत अधिकारी ने मौके पर समाधान के दिए निर्देश सचिन गुप्ता के निर्देशानुसार जिला मुख्यालय एवं उपमंडल मुख्यालयों पर समाधान शिविर आयोजित कर नागरिकों की समस्याएं सुनी गई। स्थानीय लघु सचिवालय स्थित सभागार में सहायक आयुक्त प्रशिक्षु विशाल सिंह, नगराधीश शुभम, पुलिस उपाधीक्षक दलीप सिंह तथा जिला विकास एवं पंचायत अधिकारी राजपाल चहल ने नागरिकों की समस्याएं सुनी तथा मौके पर उपस्थित संबंधित अधिकारियों को इन शिकायतों के निपटारे के निर्देश दिये। समाधान शिविर में डीएमसी जितेंद्र सिंह, परिवहन डिपो के महाप्रबंधक नवीन कुमार, जिला शिक्षा अधिकारी मनजीत मलिक सहित संबंधित विभागों के उच्चाधिकारी व भाजपा के प्रतिनिधियों में सांपला मार्केट कमेटी के चेयरमैन उदयभान मलिक के अलावा सतीश चौधरी व डॉ. अंकुश बिड्डू मौजूद रहे।
पीजीआई कैंपस में मिला युवक का शव, पहचान नहीं
रोहतक | पीजीआई कैंपस से सोमवार सुबह पुलिस ने युवक का शव बरामद किया। युवक का शव पड़ा होने की सूचना स्टाफ ने पीजीआई थाना पुलिस को दी। युवक का शव पड़े होने की सूचना पर काफी संख्या में लोग मौके पर एकत्रित हो गए। वहीं, मौके पर पहुंची पुलिस ने शव कब्जे में लेने के साथ ही उसकी पहचान के प्रयास किए, लेकिन मृतक की पहचान नहीं हो सकी। पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण कर शव को पोस्टमार्टम को भेज दिया। पीजीआईएमएस थाना प्रभारी निरीक्षक रोशनलाल ने बताया कि युवक का शव बरामद किया गया। जिसकी पहचान के लिए प्रयास किए गए थे, लेकिन मृतक की पहचान नहीं हो सकी है। युवक की मौत का कारण पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा। फिलहाल मामले की जांच कराई जा रही है।
इनेलो ने पेट्रोल-डीजल व रसोई गैस के बढ़ते दामों के विरोध में किया प्रदर्शन
भास्कर न्यूज | रोहतक इंडियन नेशनल लोकदल पार्टी (इनेलो) ने पेट्रोल-डीजल, सीएनजी व रसोई गैस के लगातार बढ़ते दामों व बेहताशा बढ़ रही महंगाई के विरोध में भाजपा सरकार के खिलाफ प्रदर्शन किया और प्रधानमंत्री के नाम उपायुक्त के माध्यम से ज्ञापन सौंपा। सोमवार को इनेलो के रानियां से विधायक अर्जुन चौटाला के नेतृत्व में हजारों की संख्या में कार्यकर्ता मानसरोवर पार्क में एकत्रित हुए और प्रदर्शन करते हुए लघु सचिवालय पहुंचे और सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। विधायक अर्जुन चौटाला ने कहा कि भाजपा सरकार द्वारा जो महंगाई की मार जनता पर थोपी जा रही है, उससे पूरे देश व प्रदेश की जनता पूरी तरह से बेहद परेशान है। बढ़ती महंगाई के चलते आमजन मानस का जीना दुर्भर हो गया है। प्रदेश की जनता के पास आज एक मात्र विकल्प बचा है कि भाजपा भगाओ और देश व प्रदेश को बचाओ। उन्होंने कहा कि दुनिया में बहुत देश है, जो तेल बेचते हैं, लेकिन भारत में तेल अंबानी और अडानी के माध्यम से आता है। उन्होंने कहा कि शिपिंग का काम अदानी करता है और रिफाइनिंग का काम अंबानी करता है और दोनों को फायदा पहुंचाने के लिए केन्द्र की भाजपा सरकार काम कर रही है। विधायक अर्जुन चौटाला ने कहा कि वर्तमान सरकार हर मोर्चे पर विफल साबित हुई है और बढ़ती महंगाई ने हर वर्ग की कमर तोड़ कर रख दी है। साथ ही उन्होंने कांग्रेस पर भी निशाना साधा और कहा कि भाजपा की तरह ही कांग्रेस को भी जनता की परेशानियों से कोई लेना देना नहीं है। कांग्रेस का कल्चर ही वातानुकूलित कमरों में बैठकर राजनीति करने का है, जबकि इनेलो पार्टी विपक्ष की भूमिका निभा रही है और लोगों के लिए सड़कों पर संघर्ष कर रही है। उन्होंने सरकार को चेताया कि अगर जल्द पेट्रोल, डीजल, रसोई गैस व सीएनजी के दामों में कटौती नहीं की गई तो इनेलो जनता के सहयोग से बड़ा फैसला लेने पर मजबूर होगी। इस अवसर पर बलवंत मायना, इन्द्र सिंह ढुल, नफे सिंह लाहली, जयसिंह शिमली, शीला खरैटी, सुशीला देशवाल, सुधीर मलिक, पुनीत मायना, सत्यवान, अमित मलिक, सुरेन्द्र बल्हारा, आकाश वशिष्ट, सुनीता नांदल, सुशीला राणा, सुधीर मलिक, ईश्वर सिंह, रामचन्द्र, सूरजदेह राज, राजबीर वाल्मीकि, विनोद अहलावत, विरेन्द्र नांदल सहित सैकड़ों कार्यकर्ता उपस्थित थे। रोहतक | इंडियन नेशनल लोकदल पार्टी के विधायक अर्जुन चौटाला द्वारा रोहतक में जिला सचिवालय में प्रदर्शन के दौरान डीसी व एसपी के खिलाफ अभद्र भाषा का प्रयोग करना एक निंदनीय कृत्य है, इसके लिए अर्जुन चौटाला को अपने शब्द वापस लेने चाहिए और माफी मांगनी चाहिए। यह बात रोहतक से पूर्व लोकसभा प्रत्याशी व छात्र नेता डॉ. प्रदीप देशवाल ने कही। प्रदीप देशवाल ने कहा की अर्जुन चौटाला एक जनप्रतिनिधि हैं और एक सम्मानित लोकतांत्रिक पद पर हैं। उनको इस तरह की भाषा का इस्तेमाल करना शोभा नहीं देता है।
12 साल बेमिसाल विषय पर भाजपा की बैठक हुई
रोहतक| भारतीय जनता पार्टी जिला रोहतक इकाई द्वारा भाजपा कार्यालय मंगलकमल में 12 साल बेमिसाल विषय पर एक संगठनात्मक बैठक का आयोजन किया गया। बैठक की अध्यक्षता भाजपा जिला अध्यक्ष एडवोकेट रणवीर सिंह ढाका ने की। बैठक में आगामी कार्यक्रमों की रूपरेखा, संगठनात्मक गतिविधियों तथा केंद्र सरकार के 12 वर्षों की उपलब्धियों को जन-जन तक पहुंचाने की रणनीति पर विस्तार से चर्चा की गई। जिला अध्यक्ष एडवोकेट रणवीर सिंह ढाका ने कार्यकर्ताओं का आह्वान करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार ने पिछले 12 वर्षों में सेवा, सुशासन और गरीब कल्याण के क्षेत्र में ऐतिहासिक कार्य किए हैं, जिनकी जानकारी प्रत्येक नागरिक तक पहुंचाना कार्यकर्ताओं की जिम्मेदारी है।
पूर्व सैनिक सीएसडी कैंटीन का नए स्थान पर शुभारंभ
रोहतक | देव कॉलोनी में संचालित पूर्व सैनिक सीएसडी कैंटीन ने अपना संचालन नए पते पर शुरू कर दिया है। कैंटीन अब इंद्र नगर में रुपया चौक के पास स्थानांतरित की गई है, जहां हवन यज्ञ के साथ सामान बिक्री का शुभारंभ किया गया। कैंटीन मैनेजर कर्नल सुरेंद्र कुमार कुंडू ने बताया कि नए स्थान पर सुविधाओं को बेहतर बनाते हुए सेवा शुरू की जा रही है। कार्यक्रम में जिला सैनिक बोर्ड की सचिव गौरीका सुहाग सहित बड़ी संख्या में पूर्व सैनिक और उनके परिवार मौजूद रहे। कैंटीन प्रबंधन ने बताया कि शुरुआती एक-दो दिन कंप्यूटर और व्यवस्था के कारण बिक्री में कुछ दिक्कत हो सकती है, जिसे जल्द दूर किया जाएगा।
मानसरोवर क्षेत्र ; टूटे डस्टबिन से बढ़ी गंदगी
रोहतक | फ्रेंड्स कॉलोनी में सीवर ओवरफ्लो की समस्या लंबे समय से बनी हुई है। कॉलोनीवासियों ने इस संबंध में एक्सईएन को लिखित शिकायत देकर स्थायी समाधान की मांग की थी। वर्तमान में गली के 4 से 5 सीवर लगातार ओवरफ्लो हो रहे हैं। इससे गंदगी फैल रही है। कॉलोनीवासियों ने जल्द स्थायी समाधान की मांग की है। संदीप, स्थानीय निवासी जनता की आवाज कॉलम के जरिए आप भी अपने आसपास की समस्याओं को आवाज दे सकते हैं। जुड़ने के लिए 9728388383 और 9813035884 पर वॉट्सएप करें या vinodjoshi126@gmail.com पर मेल करें। रोहतक | सिविल अस्पताल रोड पर गोहाना अड्डा के पास मोड़ पर लंबे समय से कूड़ा पड़ा हुआ है। यहां नियमित रूप से कूड़ा नहीं उठाया जा रहा, इससे आसपास गंदगी फैल रही है। सड़क किनारे जमा कचरे से राहगीरों और दुकानदारों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। योगेश, स्थानीय निवासी। रोहतक | सुभाष चौक के निकट सड़क पर कई दिनों से बिजली का खंभा पड़ा हुआ है। सुरक्षा के लिए उसके चारों ओर ईंटें रखी गई हैं, ताकि राहगीरों और वाहन चालकों को सतर्क किया जा सके। इसके बावजूद संबंधित विभाग ने अब तक खंभे को हटाने की कार्रवाई नहीं की है। जतिन, स्थानीय निवासी रोहतक | मानसरोवर क्षेत्र में सफाई व्यवस्था प्रभावित होती नजर आ रही है। यहां बाहर रखे गए डस्टबिन लंबे समय से टूटे पड़े हैं, जिसके कारण लोगों को कूड़ा डालने में परेशानी हो रही है। डस्टबिन उपयोग लायक नहीं होने से आसपास के लोग मजबूरन कचरा खुले में फेंक रहे हैं। कुलदीप, स्थानीय निवासी
आईटीआई में आज से होंगे दाखिले शुरू, हेल्प डेस्क समेत अन्य तैयारियां पूरी
भास्कर न्यूज | रेवाड़ी पटौदी रोड स्थित राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान (महिला), रेवाड़ी में सत्र 2026-27 के लिए दाखिला प्रक्रिया को लेकर तैयारी पूरी कर ली गई है। संस्थान में विभिन्न ट्रेडों की कुल 264 सीटों पर दाखिले के लिए ऑनलाइन आवेदन 2 जून से शुरू होकर 15 जून तक किए जा सकेंगे। खास बात यह है कि छात्राओं की सुविधा के लिए संस्थान में ही फ्री हेल्प डेस्क स्थापित की गई है, जहां सुबह 9:00 बजे से शाम 5:00 बजे तक बिना किसी फीस के फॉर्म भरवाए जा सकते हैं। आवेदन के लिए 8वीं, 10वीं व 12वीं की मार्कशीट, परिवार पहचान पत्र और मोबाइल फोन (ओटीपी के लिए, आधार कार्ड और बैंक पासबुक (आधार से लिंक), जाति, रिहायशी और चालू वर्ष का आय प्रमाण पत्र, चरित्र प्रमाण पत्र (6 माह से पुराना न हो) और पासपोर्ट साइज फोटो होना चाहिए। दाखिला आवेदन की फीस पूरी तरह निःशुल्क रहेगी।
झज्जर चौक से श्रीघंटेश्वर मंदिर तक बिजली सप्लाई आज 9 घंटे प्रभावित
रेवाड़ी|शहर के झज्जर चौक से लेकर श्रीघंटेश्वर महादेव मंदिर तक के मुख्य इलाकों में 2 जून को सुबह 10 बजे से शाम 7 बजे तक करीब 9 घंटे बिजली की सप्लाई पूरी तरह बाधित रहेगी। 11 केवी सिटी-1 फीडर के जेई कुलदीप ने बताया कि, 220 केवी सब-स्टेशन से चलने वाले इस फीडर पर आवश्यक मरम्मत और रखरखाव का कार्य किया जाना है, जिसके चलते इस फीडर से चलने वाले विभिन्न क्षेत्रों में बिजली कटौती की जाएगी। इस दौरान काठ मंडी, गोकल बाजार, नई बस्ती, महावीर स्तंभ और पुरानी अनाज मंडी का पूरा एरिया बिजली न होने से प्रभावित रहेगा।
पुलिसकर्मी कृष्ण हत्याकांड : मां ने पुलिस में शिकायत देकर 4 लोगों पर कराई एफआईआर
भास्कर न्यूज | रेवाड़ी थाना जाटूसाना क्षेत्र के गांव नैनसुखपुरा में करीब 20 दिन पहले हरियाणा पुलिस के ईएचसी कृष्ण कुमार की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत के मामले में नया मोड़ आ गया। यह हादसा नहीं बल्कि, सोची-समझी साजिश के तहत की गई हत्या थी। पुलिस ने सोमवार को इसका खुलासा किया। इस मामले में अब हत्या की धारा लगाई है और इसी गांव के मुख्य आरोपी जतिन कुमार को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी जतिन, मृतक पुलिसकर्मी के चचेरे भाई का बेटा है। अदालत ने आरोपी को दो दिन के पुलिस रिमांड पर भेजा है। जांचकर्ता के अनुसार, गांव नैनसुखपुरा निवासी कृष्ण कुमार हरियाणा पुलिस में ईएचसी के पद पर कार्यरत थे और वर्तमान में रेवाड़ी में रह रहे थे। 11 मई को उनके घायल होने और बाद में अस्पताल में दम तोड़ने की सूचना पुलिस को मिली थी। शुरुआत में गांव नैनसुखपुरा निवासी सुमन ने पुलिस को गुमराह करने के लिए एक कहानी गढ़ी थी। सुमन के अनुसार, 10 मई की रात उसका अपने पति मनोज के साथ झगड़ा हुआ था, जिसके बाद उसने कृष्ण कुमार को मदद के लिए बुलाया। सुमन का दावा था कि जब कृष्ण वहां पहुंचा, तो वह पहले से ही घायल था। बाद में शिकायत देकर वह दोनों थाने से लौटते समय कृष्ण कुमार सड़क किनारे पेशाब करने रुका और किसी अज्ञात मोटरसाइकिल की टक्कर से दुर्घटना का शिकार हो गया। अगले दिन तबीयत बिगड़ने पर कृष्ण कुमार को अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। पुलिस ने बताया कि मामले में असली मोड़ तब आया जब मृतक कृष्ण कुमार की पोस्टमार्टम रिपोर्ट सामने आई। रिपोर्ट में मृतक के शरीर पर करीब 15 गंभीर चोटों के निशान और किसी नुकीली चीज से वार किए जाने की पुष्टि हुई। इसके बाद, 27 मई को मृतक की मां संतोष देवी ने सामने आकर सुमन और उसके परिवार पर हत्या का सीधा आरोप लगाते हुए अपने बयान दर्ज कराए। मृतक की मां संतोष देवी के अनुसार, 10 मई की रात करीब 2:30 बजे कृष्ण खून से लथपथ हालत में उनके पास आया था। उसने बताया था कि सुमन ने उसे धोखे से घर बुलाया, जहां सुमन और मनोज ने उसे पकड़ लिया। इसके बाद मनोज ने पैनी चीज से, शेर सिंह ने डंडे से और जतिन ने नुकीली चीज से उस पर ताबड़तोड़ वार किए। मां के बयानों ने खोला राज
जून में भी नहीं तपेगा जिला, 7 से 8 विक्षोभ और प्री-मानसून की बारिश से मिलेगी राहत
भास्कर न्यूज | रेवाड़ी मई महीने में मौसम के कई रंग देखने को मिले। जहां पहले पखवाड़े में बैक टू बैक सक्रिय हुए पश्चिमी विक्षोभ के कारण बादलों की आवाजाही, तेज हवाओं और ओलावृष्टि से तापमान सामान्य से नीचे रहा, वहीं दूसरे पखवाड़े में किसी मजबूत सिस्टम के अभाव में प्रचंड हीटवेव और लू ने लोगों को बेहाल कर दिया। हालांकि, मई के अंतिम दिनों में एक बार फिर मौसम ने करवट बदली और आंधी-बारिश के साथ ओलावृष्टि ने भीषण गर्मी का सफाया कर दिया। वर्तमान में क्षेत्र में दिन और रात का तापमान सामान्य से काफी नीचे चल रहा है। क्षेत्रीय कृषि अनुसंधान केंद्र बावल में स्थापित आईएमडी के वेदर स्टेशन पर सोमवार को दिन का तापमान 34.7 डिग्री दर्ज किया गया, जबकि रात का पारा 22.1 डिग्री पर आ गया। इधर, मौसम विशेषज्ञ डॉ. चंद्रमोहन के अनुसार, मौसम का यह उलटफेर जून महीने में भी लगातार जारी रहेगा। इस बार जून के महीने में तापमान सामान्य के आसपास रहने की उम्मीद है, जबकि बारिश सामान्य से अधिक दर्ज की जा सकती है। डॉ. चंद्रमोहन मौसम विशेषज्ञ जून में सक्रिय होंगे पश्चिमी विक्षोभ, अरब सागर में हलचल जून के महीने में मौसम में बड़े बदलावों के संकेत हैं। इस दौरान देश में 7 से 8 पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होने की संभावना है। इसके साथ ही बंगाल की खाड़ी और अरब सागर में 2 से 4 लो-प्रेशर एरिया (कम दबाव का क्षेत्र) और डीप डिप्रेशन बनने की स्थिति बन रही है। इस मानसूनी हलचल के कारण हरियाणा, दिल्ली और एनसीआर के क्षेत्रों में बार-बार मौसम बदलेगा, जिससे इस बार जून के पारंपरिक महीने जैसी झुलसाने वाली लू के दिनों में भारी कमी आएगी। पहले पखवाड़े की आंधी-बारिश के साथ होगी शुरुआत जून के पहले 15 दिनों में लगातार आंधी, अंधड़ और हल्की बारिश-बूंदाबांदी की गतिविधियां देखने को मिलेंगी। पहले पखवाड़े में सिलसिलेवार ढंग से मौसम में बदलाव आएगा। {2 जून (रात) और 4 जून : नए पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होंगे, जिससे 3 से 7 जून तक तेज हवाएं और बारिश संभावित है। {10 जून और 13 जून : इसके बाद एक के बाद एक दो और पश्चिमी विक्षोभ दस्तक देंगे। बीच-बीच में तापमान में थोड़ी बढ़ोतरी जरूर होगी, लेकिन हीटवेव केवल एक या दो दिन ही परेशान कर पाएगी। मानसून का अपडेट : इस साल मानसून अपने तय समय से पहले अंडमान निकोबार द्वीप समूह पहुंच गया था, लेकिन मुख्य भूमि पर यह 3 जून तक दस्तक दे सकता है। हरियाणा व दिल्ली-एनसीआर में मानसून के जून के अंतिम दिनों या जुलाई की शुरुआत में पहुंचने की पूरी संभावना है।
संस्कृत प्रवक्ता भीमसेन हुए सेवानिवृत्त विद्यालय में भेंट किया वाटर कूलर
डिंग मंडी| पीएम श्री राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय डिंग में सोमवार को संस्कृत प्रवक्ता भीमसेन शास्त्री 34 वर्ष 7 माह की लंबी और सराहनीय सेवा के उपरांत सेवानिवृत्त हो गए। इस अवसर पर विद्यालय परिसर में सम्मान समारोह आयोजित किया गया। उन्हें भावभीनी विदाई दी गई। कार्यक्रम में चौपटा खंड शिक्षा अधिकारी सतवीर डिढारिया, विद्यालय प्राचार्य कृपा राम, सरपंच प्रतिनिधि दरिया सिंह पचार सहित स्कूल स्टाफ, स्कूल प्रबंधन समिति, युवा क्लब, केमिस्ट एसोसिएशन, डाइट डिंग तथा क्लस्टर का स्टाफ मौजूद रहा। सभी वक्ताओं ने भीमसेन शास्त्री की कार्यशैली, अनुशासन, शिक्षा के क्षेत्र में दिए योगदान की प्रशंसा की। उनके स्वस्थ एवं सुखद जीवन की कामना की।
तारकोल की कीमतों से 20% बढ़ी लागत, 25 छोटे व 3 बड़े प्रोजेक्ट्स अटके
भास्कर न्यूज | चरखी दादरी जिले में तारकोल की बढ़ी कीमतों और सरकार द्वारा इंपोर्टेड तारकोल के उपयोग संबंधी नए आदेशों के विरोध में लोक निर्माण विभाग पीडब्ल्यूडी ठेकेदारों ने सोमवार से अनिश्चितकालीन हड़ताल शुरू कर दी। ठेकेदारों का कहना है कि सरकार की नई नीति के कारण उन्हें भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ रहा है, इसलिए मजबूर होकर काम बंद करना पड़ा है। ठेकेदारों ने सरकार से मांग की है कि बढ़ी हुई लागत के अनुरूप उन्हें राहत दी जाए तथा पहले की तरह अतिरिक्त खर्च का भुगतान किया जाए। हड़ताल में प्रदेशाध्यक्ष जयभगवान, सर्कल प्रधान ईश्वर माट, जयकिशन, अजीत जीटर, राजेंद्र तक्षक, रमेश कुमार, शशि शर्मा, संदीप यादव, राजेश कुमार, विपिन सांगवान, अनिल, रिंकू बंसल, कृष्ण कुमार, रविंद्र सिंह और दीपक सहित कई ठेकेदार मौजूद रहे। ठेकेदारों का दावा है कि वर्तमान परिस्थितियों में एक करोड़ रुपये के सड़क निर्माण कार्य पर लगभग 20 लाख रुपये तक का अतिरिक्त भार पड़ रहा है। यानी प्रत्येक परियोजना में करीब 20 प्रतिशत तक नुकसान उठाना पड़ रहा है। ठेकेदार अजीत उर्फ जीटर ने बताया कि नई व्यवस्था के कारण न केवल निर्माण लागत बढ़ी है बल्कि नया एग्रीमेंट भी ठेकेदारों के लिए अतिरिक्त परेशानी का कारण बन रहा है। सरकार को ठेकेदारों की व्यवहारिक समस्याओं का समाधान निकालना चाहिए, अन्यथा विकास कार्य लंबे समय तक प्रभावित रह सकते हैं। गौरतलब है कि इस समय दादरी-कलियाणा-झोझू कलां मार्ग, दादरी-कनीना रोड तथा दादरी-बौंद कला-रोहतक मार्ग सहित अनेक प्रमुख सड़क निर्माण और मरम्मत कार्य प्रभावित हुए हैं। इसके अलावा लगभग 25 छोटे-बड़े विकास कार्य भी रुके हुए हैं। नई व्यवस्था के बाद हर्जाना नहीं मिल रहा ठेकेदारों के अनुसार पहले उन्हें आईओसी से बल्क में तारकोल मिलता था। उस समय कीमतों में वृद्धि होती थी तो सरकार बढ़े रेट का हर्जाना देती थी। लेकिन पिछले एक माह में तारकोल की कीमतों में भारी बढ़ोतरी के बाद सरकार ने नई व्यवस्था लागू कर दी है, जिसके तहत बल्क सप्लाई के बजाय ड्रमों में इंपोर्टेड तारकोल खरीदने के निर्देश दिए जा रहे हैं।
सोनी धर्मशाला में श्रीमद्भागवत कथा के प्रथम दिन भक्ति, ज्ञान और वैराग्य का सुनाया महात्म्य
भास्कर न्यूज । सिरसा स्वर्णकार समाज की ओर से बेगू रोड स्थित सोनी धर्मशाला में आयोजित संगीतमयी श्रीमद्भागवत कथा के प्रथम दिन कथावाचिका डॉ. राधिका ने भागवत महात्म्य, मंगलाचरण तथा भक्ति-ज्ञान-वैराग्य के प्रसंगों का भावपूर्ण वर्णन किया। कथा का शुभारंभ ‘सच्चिदानन्द रूपाय विश्वोत्पत्यादिहेतवे ’ श्लोक से किया गया। इसमें भगवान श्रीकृष्ण के दिव्य स्वरूप तथा सृष्टि की उत्पत्ति, पालन और संहार का वर्णन किया गया। कथावाचिका ने श्रद्धालुओं को ‘भागवत’ शब्द का अर्थ समझाते हुए कहा कि भागवत का तात्पर्य भगवान के भाव में रत होना है। यह उनके प्रति समर्पित रहने का भाव है। उन्होंने देवर्षि नारद, भक्ति, ज्ञान और वैराग्य का प्रसंग सुनाया। उन्होंने बताया कि कलियुग के प्रभाव से ज्ञान और वैराग्य अचेत हो गए थे। श्रीमद्भागवत कथा के श्रवण से उन्हें पुनः चेतना और यौवन प्राप्त हुआ। कथावाचिका डॉ. राधिका ने आत्मदेव ब्राह्मण, उनके कुपुत्र धुंधुकारी तथा विद्वान पुत्र गोकर्ण की कथा का वर्णन किया। उन्होंने बताया कि कलियुग के पापों के कारण धुंधुकारी प्रेत योनि में भटक रहा था। गोकर्ण जी ने सात दिनों तक उसे श्रीमद्भागवत कथा सुनाई। इससे उसे मोक्ष प्राप्त हुआ। यह प्रसंग दर्शाता है कि श्रद्धा और भक्ति के साथ भागवत कथा का श्रवण करने से बड़ा से बड़ा पापी भी प्रभु की कृपा का पात्र बन सकता है। इसके बाद राजा परीक्षित के प्रसंग का वर्णन किया गया। कथा को विश्राम दिया गया। कथावाचिका डॉ. राधिका ने आत्मदेव ब्राह्मण, उनके कुपुत्र धुंधुकारी तथा विद्वान पुत्र गोकर्ण की कथा का वर्णन किया। उन्होंने बताया कि कलियुग के पापों के कारण धुंधुकारी प्रेत योनि में भटक रहा था। कथा दौरान श्रद्धालुओं को प्रवचन करती कथावाचक डॉ. राधिका।
नई शिक्षा नीति के तहत भाषा समर कैंप का शुभारंभ
सीहमा | राजकीय मॉडल संस्कृति वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय में सोमवार को नई शिक्षा नीति के तहत भारतीय भाषा समर कैंप की शुरुआत हुई। कैंप सात जून तक चलेगा। उद्घाटन करते हुए प्राचार्य कृष्ण कुमार ने कहा कि भारतीय भाषाएं सांस्कृतिक विरासत की पहचान हैं और ऐसे कैंप विद्यार्थियों के भाषा कौशल, रचनात्मकता और अभिव्यक्ति क्षमता को बढ़ाते हैं। कैंप के दौरान भाषा आधारित अंताक्षरी, शब्द खेल, प्रश्नोत्तरी, कहानी लेखन, कविता पाठ और भाषण प्रतियोगिताएं कराई जाएंगी। शिक्षकों के अनुसार कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों को भारतीय भाषाओं की परंपरा से जोड़ना, संवाद कौशल विकसित करना और आत्मविश्वास बढ़ाना है। कार्यक्रम में प्रवक्ता मधु यादव, पूनम ग्रोवर, भीम सिंह, मनोज कुमार, धर्मेंद्र, देवदत्त, राजसिंह, राजकुमार सहित अन्य स्टाफ सदस्य उपस्थित रहे।
मथुरा गमन, कंस वध और श्रीकृष्ण-रुक्मिणी विवाह प्रसंग की कथा सुन भावविभोर हुए भक्त
भास्कर न्यूज | महेंद्रगढ़ शक्तिपीठ मां भूरा भवानी मंदिर िससोठ में चल रही संगीतमय श्रीमद् भागवत कथा के छठे दिन श्रद्धालुओं ने श्रीकृष्ण के मथुरा गमन, कंस वध, उद्धव संवाद तथा श्रीकृष्ण-रुक्मिणी विवाह प्रसंग का श्रद्धापूर्वक श्रवण किया। कथा के दौरान पूरा पंडाल जय कन्हैया लाल की के जयकारों से गूंज उठा। आचार्य कपिल शास्त्री ने कहा कि भगवान श्रीकृष्ण ने अत्याचारी कंस का संहार कर धर्म की पुनर्स्थापना की और मानवता को सत्य एवं कर्तव्य का संदेश दिया। उन्होंने संगीतबद्ध शैली में उद्धव संवाद और श्रीकृष्ण-रुक्मिणी विवाह की कथा सुनाई। इस अवसर पर राधा-रुक्मिणी की मनमोहक झांकी भी निकाली गई, जिसने श्रद्धालुओं को भावविभोर कर दिया। कार्यक्रम में दिल्ली निवासी श्रीकांत व उनकी धर्मपत्नी सुमिता यजमान रहे। उनकी पुत्री कशिश भी कथा श्रवण के लिए विशेष रूप से दिल्ली से पहुंची। पूजा-अर्चना राजाराम शर्मा व उनकी धर्मपत्नी मंजू शर्मा ने संपन्न करवाई, जबकि महेंद्रगढ़ से पहुंचे यशपाल शर्मा ने आरती में भाग लिया। कथा के दौरान पंडित अजय शास्त्री, सुशील शास्त्री, राजू महाशय तथा हारमोनियम वादक मनोज जांगड़ा के संकीर्तन ने भक्तिमय वातावरण बना दिया। स्थानीय गायक आनंद सोनी ने रुक्मिणी मंगल भजन प्रस्तुत कर श्रद्धालुओं को मंत्रमुग्ध कर दिया। मंदिर महंत शक्तिनाथ महाराज ने आशीर्वचन में कहा कि भगवान श्रीकृष्ण का जीवन सत्य, प्रेम और कर्तव्य के मार्ग पर चलने की प्रेरणा देता है। महंत शक्तिनाथ महाराज और राजू शर्मा ने बताया कि कथा का समापन 2 जून को पूर्णाहुति एवं प्रसाद वितरण के साथ होगा। मंदिर कमेटी की ओर से श्रद्धालुओं के लिए ठंडा शरबत और मीठे चावल के प्रसाद की व्यवस्था की गई। लगातार छठे दिन भी कथा पंडाल श्रद्धालुओं से खचाखच भरा रहा। इस अवसर पर भूतपूर्व सरपंच तारावती, पूर्व सरपंच केला देवी, कमला, राजेश, फूलवती, कमलेश, रेखा, इंद्रा देवी, धोली, मंजू शर्मा, संतोष सहित सैकड़ों श्रद्धालु उपस्थित रहे।
डॉ. मुनेश यादव हकेंवि में बनी अस्टिटेंट प्रोफेसर
महेंद्रगढ़ | अंग्रेजी एवं विदेशी भाषा विभाग में डा. मुनेश यादव पुत्री प्रो. डा. बीरसिंह यादव का हरियाणा केंद्रीय विश्वविद्यालय में अस्टिटेंट प्रोफेसर के पद चयनित हुई है। डा. मुनेश यादव ने विधिवत रूप से अपना कार्यभार संभाल लिया है। बता दें कि डा. मुनेश यादव ने हकेंवि से एम.फीएल एवं पीएचडी की डिग्री प्राप्त की थी तथा वनस्थली विद्या पीठ से एम.ए अंग्रेजी विषय में विश्वविद्यालय में दूसरा स्थान प्राप्त किया था तथा नेट एवं जेआरएफ की परीक्षा भी उत्तीर्ण कर चुकी है। डा. मुनेश यादव वर्ष 2016 से महिला महाविद्यालय नारनौल में सहायक प्रोफेसर के पद पर कार्यरत थी। डा. मुनेश यादव की इस उपलब्धि पर पूर्व प्राचार्य बस्ती राम यादव, पूर्व प्राचार्य संजय जोशी, प्रो. सुमेर सिंह यादव, प्रो. वेदप्रकाश, पूर्व प्राचार्य आरएन यादव, महिला महाविद्यालय नारनौल के प्राचार्य डा. आरपी सिंह एवं समस्त स्टाफ महिला महाविद्यालय महेंद्रगढ़ की प्राचार्या कविता रानी, प्रो. मक्खन सिंह सहित समस्त स्टाफ सदस्यों एवं क्षेत्र के विभिन्न संगठनों, विभिन्न महाविद्यालय के प्राचार्य एवं स्टाफ व हकेंवि में कार्यरत प्रो. एवं पदाधिकारियों ने उन्हें हार्दिक बधाई दी है।
भारत विकास परिषद के परिवार मिलन एवं दायित्व ग्रहण समारोह में सेवा और संस्कारों पर दिया गया जोर
महेंद्रगढ़ | शहर एक िनजी मैरिज पैलेस में भारत विकास परिषद के परिवार मिलन एवं दायित्व ग्रहण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में केंद्रीय विश्वविद्यालय के कुलपति डॉ. टंकेश्वर कुमार ने मुख्य वक्ता के रूप में संबोधित करते हुए कहा कि व्यक्ति अपने कर्मों से महान बनता है, जन्म से नहीं। उन्होंने समाज सेवा और संस्कारों को जीवन का आधार बताते हुए परिषद के कार्यों की सराहना की। कार्यक्रम का शुभारंभ भारत माता एवं स्वामी विवेकानंद के चित्र के समक्ष दीप प्रज्वलन के साथ हुआ। परिषद सदस्यों ने सभी अतिथियों का पटका पहनाकर स्वागत किया। कार्यक्रम में भारत विकास परिषद हरियाणा दक्षिण के प्रांतीय उपाध्यक्ष एडवोकेट राजकुमार नारनौल मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। परिषद के संस्कार प्रमुख एवं प्रसिद्ध भजन गायक दलीप गोस्वामी ने स्वागत गीत प्रस्तुत कर सभी को मंत्रमुग्ध कर दिया। कार्यक्रम के विशिष्ट अतिथि बीकानेर से आए मोहर सिंह रहे। मोहर सिंह ने स्वच्छता कार्यक्रम से जुड़े अपने अनुभव साझा करते हुए लोगों को सामाजिक सरोकारों से जुड़ने के लिए प्रेरित किया। कार्यक्रम में नई कार्यकारिणी का दायित्व ग्रहण समारोह भी आयोजित किया गया। इसमें रतनलाल माधोगढ़िया को अध्यक्ष, रामगोपाल मित्तल को सचिव, पवन भारद्वाज को कोषाध्यक्ष, रीना बंटी को महिला सहभागिता प्रमुख, रमेश टांक को संपर्क प्रमुख, डॉ. भंवर सिंह को सेवा प्रमुख, दलीप गोस्वामी को संस्कार प्रमुख तथा सुरेश सैनी को पर्यावरण प्रमुख पद की शपथ दिलाई गई। इस अवसर पर समाजसेवी रामकुमार गुप्ता को उत्कृष्ट सेवा कार्यों के लिए सम्मानित किया गया। साथ ही विभिन्न सामाजिक संगठनों से जुड़े अनेक कार्यकर्ताओं को भी मंच से सम्मानित किया गया। परिषद के जिला समन्वयक भरत खुराना एवं उप जिला समन्वयक नीरज मित्तल द्वारा जिले में किए जा रहे सेवा कार्यों की भी सराहना की गई। कार्यक्रम अध्यक्ष डॉ. टंकेश्वर कुमार ने परिषद से जुड़े उन बच्चों को भी सम्मानित किया जिन्होंने विभिन्न क्षेत्रों में विशेष उपलब्धियां हासिल की हैं। इनमें कमल टांक को बैंकिंग क्षेत्र, सुमेधा यादव को पेंटिंग तथा अभिषेक गुप्ता, अविषा, सोहम मित्तल, अनुराग गुप्ता और डॉ. विपिन माधोगढ़िया को विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट उपलब्धियों के लिए सम्मानित किया गया। कार्यक्रम में मनीष खुराना और रीना गुप्ता ने अपनी कविताओं से उपस्थित जनसमूह को आकर्षित किया। मंच संचालन रमेश टांक ने किया। कार्यक्रम का प्रारंभ राष्ट्रगीत तथा समापन राष्ट्रगान के साथ हुआ। अंत में परिषद के संरक्षक विश्वनाथ मिश्रा ने सभी का आभार व्यक्त करते हुए भविष्य में और अधिक सेवा कार्य करने की प्रतिबद्धता दोहराई। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में परिषद परिवार के सदस्य, महिलाएं एवं बच्चे उपस्थित रहे।
टैगोर सीनियर सेकेंडरी स्कूल के विद्यार्थियों ने जेईई एडवांस्ड में किया शानदार प्रदर्शन
महेंद्रगढ़ | टैगोर सीनियर सेकेंडरी स्कूल, महेंद्रगढ़ के विद्यार्थियों ने जेईई एडवांस्ड 2026 में शानदार प्रदर्शन करते हुए विद्यालय और क्षेत्र का नाम रोशन किया है। इस वर्ष विद्यालय के 29 विद्यार्थियों का चयन जेईई एडवांस्ड में हुआ है। विद्यालय के छात्र प्रवेश पुत्र मुकेश कुमार ने कैटेगरी रैंक 70 प्राप्त कर उत्कृष्ट प्रदर्शन किया। वहीं मानविक ने 2971, लकी ने 4370, प्रवेश पुत्र सतीश कुमार ने 5138, वंश ने 5489 तथा रुद्रांशु चौहान ने 6148 रैंक हासिल कर विद्यालय का गौरव बढ़ाया। विद्यालय प्रबंधन के अनुसार सभी चयनित विद्यार्थी शुरू से ही मेहनती, अनुशासित और लक्ष्य के प्रति समर्पित रहे हैं। उन्होंने सीबीएसई बोर्ड परीक्षा एवं जेईई मेन 2026 में भी उत्कृष्ट प्रदर्शन किया था। चेयरमैन डॉ.बीएल यादव, डायरेक्टर राहुल यादव, सीईओ डॉ. निशा यादव, प्रधानाचार्य वीरेन्द्र सिंह, उप-प्रधानाचार्य सुनील कुमार तथा पीजीटी हेड निशांत शर्मा ने विद्यार्थियों, अभिभावकों और शिक्षकों को बधाई दी।
जेईई एडवांस्ड में यदुवंशी संस्थान का शानदार प्रदर्शन
महेंद्रगढ़ | जेईई एडवांस्ड 2026 में यदुवंशी संस्थान के विद्यार्थियों ने उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए सफलता हासिल की। सफलता प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों में जीवन ने 239वीं रैंक, लव चाहर ने 692वीं रैंक, पंकज कुमार ने 2109वीं रैंक, आविक ने 2220वीं रैंक, श्वेत ने 2561वीं रैंक, आरूश बिंदल ने 2625वीं रैंक, दीपक ने 3983वीं रैंक, वेदांग खत्री ने 4371वीं रैंक, तक्षित ने 4497वीं रैंक, तश्विन ने 4631वीं रैंक, हर्ष कांतिवाल ने 6150वीं रैंक, भारती यादव ने 6577वीं रैंक, हर्ष ने 6837वीं रैंक, विनीत ने 8074वीं रैंक, शुभम सैनी ने 10558वीं रैंक, इशिका ने 11971वीं रैंक तथा प्रिंस ने 21563वीं रैंक प्राप्त कर संस्थान का नाम रोशन किया। ग्रुप के चेयरमैन एवं पूर्व विधायक राव बहादुर सिंह ने कहा कि यह सफलता विद्यार्थियों की कड़ी मेहनत, शिक्षकों के मार्गदर्शन तथा अभिभावकों के सहयोग का परिणाम है। उन्होंने कहा कि यदुवंशी संस्थान सदैव विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा एवं प्रतियोगी परीक्षाओं की बेहतर तैयारी उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध है। ग्रुप निदेशक विजय सिंह यादव ने सभी सफल विद्यार्थियों को बधाई देते हुए कहा कि संस्थान के 41 विद्यार्थियों ने सफलता प्राप्त कर यह सिद्ध कर दिया है कि मेहनत और दृढ़ संकल्प से हर लक्ष्य हासिल किया जा सकता है। वाइस चेयरमैन एडवोकेट कर्ण सिंह यादव एवं वाइस चेयरपर्सन संगीता यादव ने भी सभी सफल विद्यार्थियों को उनके उज्ज्वल भविष्य के लिए शुभकामनाएं दीं।
संस्कृति में सेवा और दान की भावना का प्रतीक है छबील लगाना: बलदेव
सिरसा| विश्व मेरा परिवार सेवा ट्रस्ट के प्रतिनिधियों ने भीषण गर्मी को देखते हुए राहगीरों के लिए भगवान दास कपिल मेहता की अगुवाई में ठंडे मीठे पानी की छबील बप्पां रोड स्थित कृष्ण प्रणामी गोशाला के सामने मेहता फार्म हाउस पर लगाई। छबील सेवा प्रभु प्रार्थना के साथ आरंभ की गई। महासचिव सतपाल चावला ने आए हुए सभी समाजसेवियों, विशेषकर चरण दास मेहता, गणमान्य व्यक्तियों व सम्मानित सदस्यों का बैज लगाकर स्वागत किया। अध्यक्ष बलदेव दावड़ा ने अपने संबोधन में कहा कि छबील लगाना भारतीय संस्कृति में सेवा व दान की भावना का प्रतीक है। मीठे पानी की छबील मुख्य रूप से गर्मियों के दौरान राहगीरों को ठंडा व मीठा शर्बत पिलाने की एक पुण्यदायी जनसेवा है।
भक्ति व समाज सेवा करने से युवा रह सकते हैं नशे से दूर : डॉ. हरमन
सिरसा| नशा करने से कैंसर, हृदय, फेफड़ों की बीमारी व अन्य क्रोनिक रोग हो जाते हैं। इससे स्वास्थ्य खराब हो जाता है। इसलिए सभी को किसी भी प्रकार का नशा नहीं करना चाहिए। उक्त शब्द लॉयन्स क्लब सिरसा अमर के संस्थापक अध्यक्ष स्वामी रमेश साहुवाला ने स्थानीय कोर्ट कॉलोनी में तम्बाकू निषेध दिवस पर आयोजित कार्यक्रम के दौरान बतौर मुख्य अतिथि व्यक्त किए। उन्होंने कहा कि अगर हमें नशा करना है तो परमात्मा के सिमरन का करना चाहिए।
मुजफ्फरनगर पुलिस की यमुनानगर में दबिश, गोदाम से 200 से अधिक यूरिया बैग बरामद
भास्कर न्यूज | यमुनानगर यूपी के मुजफ्फरनगर जिले से पहुंची पुलिस टीम ने हरियाणा के यमुनानगर सदर क्षेत्र में कार्रवाई करते हुए एक गोदाम से 200 से अधिक यूरिया के बैग बरामद किए हैं। कार्रवाई के बाद क्षेत्र में हड़कंप मच गया। पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी हुई है और यूरिया के अवैध भंडारण व परिवहन से जुड़े नेटवर्क की कड़ियां खंगाली जा रही हैं। मुजफ्फरनगर पुलिस ने सोमवार सुबह जांच के दौरान एक ट्रक को पकड़ा था, जिसमें यूरिया की खेप ले जाई जा रही थी। प्रारंभिक जांच में सामने आया कि ट्रक के पास मौजूद दस्तावेज और बिल संदिग्ध थे। बताया जा रहा है कि ट्रक में लदे यूरिया के लिए दो नंबर के बिल का इस्तेमाल किया गया था। इस पर पुलिस ने पड़ताल शुरू की और ट्रक चालक सहित अन्य संबंधित लोगों से पूछताछ की। जांच के दौरान पुलिस को महत्वपूर्ण सुराग मिले, जिनके आधार पर यूरिया की खेप के तार यमुनानगर सदर क्षेत्र में स्थित एक गोदाम से जुड़े पाए गए। मुजफ्फरनगर पुलिस की टीम तुरंत यमुनानगर पहुंची और स्थानीय पुलिस को मामले की जानकारी दी। दोनों जिलों की पुलिस ने संयुक्त रूप से कार्रवाई करते हुए संबंधित गोदाम पर दबिश दी। छापेमारी के दौरान गोदाम में बड़ी मात्रा में यूरिया का भंडारण पाया गया। पुलिस ने मौके से 200 से अधिक यूरिया के बैग मिले। यूरिया के स्टॉक, उसके दस्तावेजों और वितरण संबंधी रिकॉर्ड की भी जांच की जा रही है। पुलिस यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि यूरिया को किस उद्देश्य से रखा गया था और इसके परिवहन व बिक्री में किन-किन लोगों की भूमिका रही। सूत्रों के अनुसार मामले में कुछ लोगों को पूछताछ के दायरे में लिया गया है। हालांकि देर शाम तक किसी गिरफ्तारी की आधिकारिक पुष्टि नहीं हो सकी थी। पुलिस का कहना है कि बरामद किए गए यूरिया और उससे जुड़े दस्तावेजों की जांच के बाद आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
आयोग ने बीमा कंपनी को क्लेम राशि ब्याज सहित चुकाने और 22 हजार मुआवजा देने के दिए निर्देश
भास्कर न्यूज | यमुनानगर विदेश में इलाज के लिए खरीदी गई मेडिक्लेम पॉलिसी का दावा आनुवंशिक स्थिति और हाई ब्लड प्रेशर का हवाला देकर खारिज करना बीमा कंपनी को महंगा पड़ गया। जिला उपभोक्ता विवाद निवारण आयोग ने बीमा कंपनी को सेवा में कमी और अनुचित व्यापारिक व्यवहार का दोषी मानते हुए क्लेम राशि ब्याज सहित चुकाने तथा 22 हजार रुपए मुआवजा व मुकदमेबाजी खर्च देने के आदेश दिए हैं। मामला कृष्णा कॉलोनी निवासी मुकेश कुमार मदान का है, जो वर्तमान में अमेरिका के फ्लोरिडा में रहते हैं। उन्होंने वर्ष 2019 में न्यू इंडिया एश्योरेंस कंपनी से 33,319 रुपए प्रीमियम देकर ओवरसीज मेडिक्लेम पॉलिसी खरीदी थी। पॉलिसी जारी करने से पहले कंपनी के अधिकृत चिकित्सक ने उनका मेडिकल परीक्षण भी किया था। मई 2019 में फ्लोरिडा प्रवास के दौरान मुकेश को पेट दर्द, तेज बुखार, सांस लेने में दिक्कत और कब्ज की शिकायत हुई। हालत बिगड़ने पर उन्हें जेएफके मेडिकल सेंटर में भर्ती कराया गया। इलाज के बाद उन्होंने 40,556.81 अमेरिकी डॉलर के खर्च का बीमा दावा कंपनी को सौंपा, लेकिन अक्टूबर 2020 में कंपनी ने दावा यह कहते हुए खारिज कर दिया कि उन्होंने थैलेसीमिया माइनर और हाइपरटेंशन जैसी पूर्व स्वास्थ्य स्थितियों की जानकारी छिपाई थी। आयोग ने पाया कि प्रस्ताव फॉर्म में आनुवंशिक विकारों से संबंधित कोई विशेष प्रश्न भी नहीं पूछा गया था। सुनवाई के दौरान सामने आया कि वर्ष 2025 में अस्पताल ने वित्तीय सहायता योजना के तहत पूरा बकाया बिल माफ कर दिया था। ऐसे में आयोग ने दवाइयों पर खर्च हुए 96.96 डॉलर, यानी करीब 6,905 रुपए, सात प्रतिशत वार्षिक ब्याज सहित देने का आदेश दिया।
फ्रांस भेजने के नाम पर सवा दो लाख हड़पे, पासपोर्ट पर लगाई फर्जी वीजा मोहर
यमुनानगर | विदेश भेजने के नाम पर ठगी करने और पासपोर्ट पर फर्जी वीजा मोहर लगाने का मामला सामने आया है। थाना छप्पर पुलिस ने शिकायत पर आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। गांव नगला खालसा निवासी राजकुमार ने शिकायत में बताया कि उसका बेटा पुनीत 10वीं कक्षा की पढ़ाई पूरी करने के बाद विदेश जाना चाहता था। इसी दौरान भूपिंद्र ने उन्हें भरोसा दिलाया कि वह उनके बेटे को फ्रांस भिजवा देगा और वीजा सहित सभी औपचारिकताएं पूरी करवा देगा। आरोप है कि विदेश भेजने और वीजा प्रक्रिया पूरी कराने के नाम पर भूपिंद्र ने अलग-अलग तारीखों में उनसे करीब सवा दो लाख रुपए ले लिए। राजकुमार ने बताया कि आरोपी ने उनके बेटे के पासपोर्ट पर फ्रांस के वीजा की पांच मोहरें भी लगाकर दिखाई। हालांकि बाद में दस्तावेजों की जांच करवाई गई तो पता चला कि पासपोर्ट पर लगी सभी मोहरें फर्जी हैं और वीजा से संबंधित दस्तावेज भी नकली हैं।
एक साल से फरार भगोड़ा आरोपी गिरफ्तार, कोर्ट में पेश
यमुनानगर | जिला पुलिस के पीओ स्टाफ ने करीब एक वर्ष से फरार चल रहे एक भगोड़ा आरोपी को गिरफ्तार किया है। आरोपी को न्यायालय में पेश कर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी गई है। भगोड़े आरोपियों और बेल जंपर्स की गिरफ्तारी के लिए चल रहे अभियान के तहत पीओ स्टाफ प्रभारी निरीक्षक राजपाल के नेतृत्व में गठित टीम ने आरोपी लवप्रीत सिंह उर्फ लवी निवासी गुलाब नगर, जगाधरी को गिरफ्तार किया। टीम में एएसआई अश्विनी, मुख्य सिपाही संदीप, महावीर तथा महिला मुख्य सिपाही सरस्वती शामिल थे। सूचना पर टीम ने छापेमारी कर उसे दबोच लिया। पुलिस के अनुसार लवप्रीत सिंह एक आपराधिक मामले में वांछित था। न्यायालय में पेश न होने के कारण उसे करीब एक वर्ष पहले भगोड़ा घोषित किया गया था।
भास्कर न्यूज | यमुनानगर थाना बूड़िया क्षेत्र के गांव साबापुर निवासी 19 वर्षीय प्रज्वल की यमुना नदी में डूबने से हुई मौत के मामले में नया मोड़ आ गया है। परिजनों ने उसके साथ गए दो युवकों पर हत्या का आरोप लगाते हुए मामले की जांच सीआईए से कराने और हत्या का मुकदमा दर्ज करने की मांग की है। यही बात दोहराते-दोहराते लघु सचिवालय परिसर में युवक की मां बेहोश हो गई। 11वीं के छात्र प्रज्वल की बहन रेनू देवी ने बताया कि 25 मई को गांव का एक युवक और उसका जीजा मोटरसाइकिल पर उनके घर आए थे और प्रज्वल को अपने साथ ले गए थे। परिजनों का आरोप है कि दोनों युवक उसे ओदरी घाट स्थित यमुना नदी पर ले गए, जहां उसके साथ साजिश के तहत घटना को अंजाम दिया गया। परिजनों ने कहा कि जब शव नदी से बाहर निकाला गया तो प्रज्वल के शरीर पर टी-शर्ट और कैपरी मौजूद थी। इसके अलावा घटना के समय उसका मोबाइल फोन भी बंद था, जिससे उन्हें संदेह है कि मामले की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए। रेनू देवी का आरोप है कि उन्होंने पहले भी बूड़िया थाना पुलिस को शिकायत दी थी, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। उन्होंने पुलिस से आरोपियों से गहन पूछताछ करने और मामले की सच्चाई सामने लाने की मांग की है। गौरतलब है कि 25 मई को प्रज्वल अपने दोस्तों के साथ यमुना नदी पर गया था। स्नान के दौरान उसके डूबने की सूचना मिली थी। सूचना पर पहुंची पुलिस और गोताखोरों की टीम ने करीब दो घंटे के सर्च अभियान के बाद उसका शव नदी से बरामद किया था। पुलिस की प्रारंभिक जांच और पोस्टमार्टम में भी डॉक्टर का मानना है कि युवक की मौत डूबने से हुई थी, हालांकि बिसरा जांच के लिए भेजा गया है। सोमवार को परिजनों ने मामले की जांच कराने की मांग की है। पुलिस अधीक्षक ने शिकायत के आधार पर जांच करवाने और नियमानुसार उचित कार्रवाई का आश्वासन दिया है।
छुट्टियों में कहानी, कविता और संवाद से बच्चों का होगा ज्ञानवर्धन
भास्कर न्यूज | यमुनानगर गर्मी की छुट्टियां आमतौर पर बच्चों के लिए आराम, खेलकूद और परिवार के साथ समय बिताने का अवसर होती हैं, लेकिन इस बार शिक्षा विभाग इन छुट्टियों को सीखने और रचनात्मक विकास से जोड़ने की तैयारी कर रहा है। सरकारी स्कूलों में आज से सात जून तक भारतीय भाषा समर कैंप आयोजित किए जाएंगे। इन कैंपों का उद्देश्य विद्यार्थियों को छुट्टियों के दौरान भी ज्ञानवर्धक और आनंददायक गतिविधियों से जोड़ने का है। इनको इसके संदेश भी माता-पिता के मोबाइल पर भेजे जाएंगे, जिससे बच्चे इन गतिविधियों से जुड़े रहे। कैंप में भागीदारी पूरी तरह स्वैच्छिक होगी। कैंप के दौरान विद्यार्थियों को कहानी लेखन, कविता पाठ, भाषण, संवाद, समूह चर्चा, लोक कथाओं के वाचन, नाट्य प्रस्तुति और भाषा आधारित खेलों जैसी गतिविधियों में भाग लेने का अवसर मिलेगा। जीएस भाटिया, सेवानिवृत्त प्राचार्य इन गतिविधियों के माध्यम से बच्चों की भाषाई दक्षता, अभिव्यक्ति क्षमता और रचनात्मक सोच को विकसित करने का प्रयास किया जाएगा। नई शिक्षा नीति के तहत भारतीय भाषाओं और मातृभाषा को शिक्षा का महत्वपूर्ण आधार माना गया है। इसी दिशा में भारतीय भाषा समर कैंप को एक महत्वपूर्ण पहल के रूप में देखा जा रहा है। विभाग का मानना है कि बच्चे अपनी भाषा और स्थानीय संस्कृति से जितना जुड़ेंगे, उनका सीखने का अनुभव उतना ही प्रभावी और सहज होगा। विद्यार्थी उठाएंगे विभाग की पहल का लाभ: संधावा ^भारतीय भाषा समर कैंप का उद्देश्य विद्यार्थियों को अवकाश के दौरान रचनात्मक और भाषा आधारित गतिविधियों से जोड़ना है। कैंप में भागीदारी स्वैच्छिक रखी गई है। किसी भी विद्यार्थी पर आने का दबाव नहीं होगा। स्कूलों को निर्देश दिए गए हैं कि वे बच्चों और अभिभावकों को कैंप की जानकारी दें। उन्हें भारतीय भाषाओं और स्थानीय संस्कृति से जुड़ी गतिविधियों में भाग लेने के लिए प्रेरित करें। विभाग को उम्मीद है कि बड़ी संख्या में विद्यार्थी इस पहल का लाभ उठाएंगे। - केएस संधावा, जिला परियोजना अधिकारी। कैंपों में स्थानीय बोलियों, लोक साहित्य, लोक गीतों और सांस्कृतिक विरासत से जुड़ी गतिविधियों को भी शामिल किया जाएगा। ताकि विद्यार्थियों को अपनी जड़ों से जुड़ने का अवसर मिल सके। शिक्षा विभाग के अधिकारियों का कहना है कि छुट्टियों के दौरान बच्चों का स्कूल से जुड़ाव बनाए रखना भी उद्देश्य है। अक्सर लंबे अवकाश के कारण विद्यार्थियों का पढ़ाई से संपर्क कम हो जाता है, लेकिन ऐसे कैंप उन्हें बिना किसी शैक्षणिक दबाव के सीखने का अवसर देंगे। इसमें न तो उपस्थिति की अनिवार्यता होगी, न ही किसी प्रकार का मूल्यांकन किया जाएगा, इसलिए बच्चे अपनी इच्छा और रुचि के अनुसार भाग ले सकेंगे।
किसानों ने बैंक के गेट पर ताला लगाकर की नारेबाजी
भास्कर न्यूज | प्रताप नगर दादूपुर स्थित कैनरा बैंक शाखा के बाहर सोमवार को भारतीय किसान यूनियन के जिला अध्यक्ष सुभाष गुर्जर के नेतृत्व में किसानों ने प्रदर्शन किया। बैंक के मुख्य गेट पर ताला जड़ दिया। करीब तीन घंटे तक चले धरना-प्रदर्शन और नारेबाजी के बाद बैंक अधिकारियों व किसानों के बीच वार्ता हुई। जिसमें समझौता होने पर किसानों ने धरना समाप्त कर दिया। सुभाष गुर्जर ने बताया कि गांव सलेमपुर निवासी सुखदेव सिंह के बाबा स्वर्गीय फूल सिंह ने वर्ष 2014 में बैंक से 14 लाख 50 हजार रुपए का ऋण लिया था। आरोप है कि बैंक द्वारा ब्याज जोड़ते-जोड़ते ऋण राशि लगभग 40 लाख रुपए तक पहुंचा दी गई। फूल सिंह की मृत्यु के बाद यह ऋण सुखदेव सिंह के नाम आ गया। किसान नेताओं का आरोप है कि बैंक अधिकारी लगातार सुखदेव सिंह को फोन कर दबाव बना रहे थे और परेशान कर रहे थे। इसी विरोध में भारतीय किसान यूनियन के पदाधिकारियों और किसानों ने बैंक के बाहर धरना देकर गेट पर ताला लगा दिया तथा बैंक प्रबंधन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। मामले की सूचना मिलने पर बैंक शाखा प्रबंधक सुखवीर सिंह तथा चंडीगढ़ से आए वरिष्ठ अधिकारियों ने किसानों से बातचीत की। कई दौर की वार्ता के बाद किसान सुखदेव सिंह और बैंक प्रबंधन के बीच सहमति बन गई, जिसके बाद किसानों ने अपना धरना समाप्त कर दिया। बूड़िया थाने में दी गई शिकायत भी वापस ले ली गई है। मौके पर नरेश मोहड़ी, सुभाष शर्मा, सतपाल व देवेंद्र मौजूद रहे।
बिजली लाइन पर गिरा पेड़, सप्लाई प्रभावित
प्रताप नगर | चूहड़पुर कलां स्थित चौधरी देवीलाल हर्बल नेचर पार्क में तूफान के दौरान एक पेड़ उखाड़ कर बिजली लाइन पर गिर गया। जिस कारण हर्बल पार्क की बिजली सप्लाई ठप हो गई। बिजली विभाग के कर्मचारी लाइन को चालू करने में जुटे हुए हैं। प्रताप नगर एरिया में तेज हवा के कारण चौधरी देवीलाल हर्बल नेचर पार्क में एक वर्षों पुराना पेड़ अचानक बिजली लाइन पर गिर गया। भारी भरकम पेड़ गिरने से बिजली का खंभा टूट गया। जिस कारण पार्क की बिजली सप्लाई ठप हो गई। वन विभाग के कर्मचारियों ने पेड़ को काटकर हटा दिया गया है। वहीं बिजली विभाग के कर्मचारी लाइन को सुचारु करने में लगे हैं।
जमुना देवी के निधन पर परिवार ने कराया नेत्रदान
भास्कर न्यूज| सिरसा गांव माधोसिंघाना निवासी जमुना देवी पत्नी देवी राम के निधन के बाद उनकी इच्छा के अनुसार परिवार ने लायंस नेत्र बैंक सिरसा के माध्यम से नेत्रदान कराया। इस काम में उनके बेटे दलीप सिंह, धर्मपाल, प्रदीप गोदारा, सुनील कुमार, डॉ. प्रवीन अरोड़ा का विशेष सहयोग रहा। लायंस क्लब सिरसा ने दिवंगत आत्मा की शांति के लिए प्रभु से प्रार्थना की। क्लब ने परिवार को इस नुकसान को सहने की शक्ति देने की कामना की।
सीडीएलयू में करवाए हवन यज्ञ में कुलगुरु ने डाली आहुति
भास्कर न्यूज| सिरसा चौधरी देवीलाल विश्वविद्यालय के शोभा देवी रामानंद बंसल सेंटर फॉर इंडियन नॉलेज सिस्टम्स द्वारा सोमवार को विश्वविद्यालय परिसर स्थित लाल बहादुर शास्त्री ब्लॉक के निकट हवन यज्ञ का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य विश्वविद्यालय परिवार के सुख, शांति, समृद्धि एवं सर्वांगीण कल्याण के लिए ईश्वरीय आशीर्वाद प्राप्त करना था। हवन यज्ञ में विश्वविद्यालय के कुलगुरु प्रो. विजय कुमार ने यजमान की भूमिका निभाई। इस अवसर पर कुलगुरु प्रो. विजय कुमार ने भारतीय ज्ञान परंपरा में यज्ञ एवं हवन के महत्व पर प्रकाश डाला। कार्यक्रम के सफल आयोजन में शोभा देवी रामानंद बंसल सेंटर फॉर इंडियन नॉलेज सिस्टम्स की निदेशक प्रोफेसर संजू बाला ढुल ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। हवन की पूर्णाहुति के पश्चात उपस्थित सभी श्रद्धालुओं को प्रसाद वितरित किया गया। इस अवसर पर विश्वविद्यालय के प्राध्यापक एवं गैर-शिक्षक कर्मी उपस्थित थे।
सेवानिवृत्त डीईओ सुनीता साईं को अहिल्या बाई होल्कर सम्मान से किया सम्मानित
सिरसा| भाविप शाखा सिरसा की मातृशक्ति द्वारा, भाविप के ऊर्जावान अध्यक्ष रघुवीर सिंगला के नेतृत्व में तथा सुमन गौतम, संयोजक महिला सहभागिता के संयोजन में लोकमाता अहिल्या बाई होल्कर की जन्मशती प्लेनेट-ई-वीजा, बरनाला रोड पर बड़ी श्रद्धा एवं उत्साहपूर्वक मनाई गई। इस कार्यक्रम में सुनीता साईं, सेवानिवृत्त जिला शिक्षा अधिकारी, सिरसा मुख्य अतिथि रहीं। विजय चुघ, सेवानिवृत्त प्रिंसिपल, विशिष्ट अतिथि रहे। कार्यक्रम में सुनीता साईं को समाज सुधार, महिला शिक्षा एवं सशक्तिकरण के क्षेत्र में दिए गए बहुमूल्य योगदान हेतु अहिल्या बाई होल्कर सम्मान से सम्मानित किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ मातृशक्ति द्वारा वंदेमातरम गायन से किया गया। सुमन गौतम, संयोजक महिला सहभागिता द्वारा पुण्यश्लोका अहिल्या बाई होल्कर का विस्तृत जीवन-परिचय दिया गया। उन्होंने बताया कि वे संघर्ष, साहस, संयम एवं समाज को समर्पित सेवा की साक्षात प्रतिमूर्ति थीं। उनका इतिहास समय की गर्द में दबा दिया गया। वे हर नारी के लिए आदर्श हैं। वे प्रेरणा का स्रोत हैं। इस अवसर पर संगीता जिंदल ने भी एक कविता के माध्यम से अहिल्या बाई होल्कर के जीवन को प्रेरणादायी बताया। इस कार्यक्रम में चौ. देवीलाल विश्वविद्यालय रेडियो से पधारी छिंद्रकौर ने नारी सशक्तिकरण पर अपने विचार व्यक्त किए।
छात्रों को दिया सफलता का मंत्र
फतेहाबाद | राजकीय मॉडल संस्कृति सीनियर सेकेंडरी स्कूल में शिक्षा विभाग के निर्देशानुसार पिछले कई दिनों से चल रहे भारतीय भाषा समर कैंप का समापन हुआ। मुख्य अतिथि, मुख्य मार्गदर्शक रहे स्कूल के प्राचार्य हरविंद्र सिंह। समापन समारोह में प्राचार्य ने भाषा के महत्व पर बात की। जीवन में अनुशासन का संदेश दिया। उन्होंने कहा कि मातृभाषा में शिक्षा ग्रहण करना असली वैज्ञानिक पद्धति है। भाषा संवाद का जरिया है। विचारों को आसानी से दूसरों तक पहुंचाने का साधन है। उन्होंने विद्यार्थियों से कहा कि जीवन में अधिक से अधिक भाषाओं का ज्ञान लें। हर भाषा का सम्मान करें। भाषा समाज, देश, विश्व को एक सूत्र में बांधती है।
लीगल केयर सेंटरों का किया निरीक्षण
भास्कर न्यूज | फतेहाबाद फतेहाबाद जिले में राष्ट्रीय विधिक सेवाएं प्राधिकरण की योजनाओं के क्रियान्वयन और गुणवत्ता की जांच के लिए हरियाणा राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण की फील्ड-बेस्ड असेसमेंट टीम ने दौरा किया। टीम का नेतृत्व सीजेएम-सह-संयुक्त सचिव मानविका यादव ने किया। निरीक्षण के दौरान जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की सचिव व सीजेएम सुयशा जावा मौजूद रहीं। टीम ने शहरी क्षेत्रों में स्थापित लीगल केयर एंड सपोर्ट सेंटर्स का निरीक्षण किया। महिला थाना में कानून सहायता केंद्र, बाल कल्याण समिति और जिला सैनिक व अर्ध सैनिक बोर्ड में स्थित कानूनी सहायता केंद्रों की कार्यप्रणाली की समीक्षा की गई। टीम ने आमजन को दी जा रही कानूनी सहायता, रिकॉर्ड के रख-रखाव और स्टाफ की प्रक्रिया का आकलन किया। मानविका यादव ने स्टाफ से बातचीत कर निर्देश दिए कि जरूरतमंदों को सरल और त्वरित कानूनी सहायता उपलब्ध कराई जाए। इसके बाद जिला विधिक सेवाएं प्राधिकरण कार्यालय में योजनाओं से जुड़े रिकॉर्ड और फाइलों की जांच की गई।
फतेहाबाद कॉलेज के प्राचार्य का पद छोड़ डॉ. जय भगवान जीजेयू हिसार में देंगे सेवाएं
भास्कर न्यूज | फतेहाबाद गणितज्ञ, शिक्षाविद्, प्रशासक डॉ. जय भगवान यादव ने 1 जून को राजकीय महाविद्यालय फतेहाबाद के प्राचार्य पद का कार्यभार छोड़ दिया है। अब उन्होंने गुरु जंभेश्वर विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय, हिसार में कार्यग्रहण किया है। डॉ. जय भगवान यादव दो दशकों से अधिक समय से उच्च शिक्षा में सेवाएं दे रहे हैं। वे शिक्षक, शोधकर्ता, प्रशासक के रूप में अपनी कार्यशैली से विद्यार्थियों के हित, पढ़ाई की गुणवत्ता, संस्थान का विकास को प्राथमिकता देते रहे हैं। राजकीय महाविद्यालय, फतेहाबाद में प्राचार्य रहते उन्होंने डेस्क-बेंच, वाटर कूलर, कंप्यूटर, अन्य जरूरी सुविधाओं की व्यवस्था कराई। उन्होंने शैक्षणिक माहौल मजबूत किया। विद्यार्थियों की सुविधाएं बढ़ाईं। उच्च शिक्षा से जोड़ने के लिए उन्होंने आसपास के कई स्कूलों का दौरा किया। विद्यार्थियों, अभिभावकों को उच्च शिक्षा के महत्व के बारे में बताया। इस दौरान एसके तोमर, विभिन्न विश्वविद्यालयों के प्रोफेसर, कॉलेजों के प्राचार्य, प्राध्यापक, डॉ. जय भगवान यादव के परिजन मौजूद रहे।
अभिभावकों को बच्चों के परिणाम बताए
फतेहाबाद | सैनिक स्कूल खारा खेड़ी में शनिवार को शैक्षणिक सत्र 2026-27 की पहली अभिभावक-अध्यापक बैठक हुई। बैठक का आयोजन सुबह 9 बजे से दोपहर 2 बजे तक हुआ। बैठक में छात्रों की पढ़ाई की प्रगति पर चर्चा हुई। परीक्षा परिणाम अभिभावकों के सामने रखे गए। देश के अलग-अलग राज्यों से आए अभिभावकों को बच्चों के परिणाम बताए गए। ग्रीष्मकालीन अवकाश के लिए गृहकार्य भी दिया गया। शिक्षकों ने हर छात्र के प्रदर्शन पर अलग से बात की। पढ़ाई की आदतों पर चर्चा हुई। अनुशासन पर फीडबैक दिया गया। सह-पाठ्यक्रम गतिविधियों में भागीदारी पर भी बातचीत हुई। आगे सुधार की संभावनाएं बताई गईं। चेयरमैन डॉ. युद्धवीर सिंह, संचालिका डॉ. ज्योत्स्ना, कमांडेंट कर्नल डॉ. डीवी नेहरा, प्रशासक विक्रमादित्य ने नियमित संवाद को जरूरी बताया।
6 छात्रों का जेईई एडवांस में चयन
फतेहाबाद | पायनियर कॉन्वेंट स्कूल के विद्यार्थियों ने जेईई एडवांस 2026 में शानदार प्रदर्शन किया। स्कूल ने बताया कि इस नतीजे से जिले का नाम रोशन हुआ। स्कूल की शैक्षणिक तैयारी एक बार फिर साबित हुई। देव वाधवा ने ऑल इंडिया रैंक 1256 हासिल की। जिले में टॉप रहे। इशिका ने ऑल इंडिया रैंक 17016 पाई। स्कूल के अन्य विद्यार्थियों ने भी कैटेगरी रैंक में जगह बनाई। रुद्र की कैटेगरी रैंक 3330 रही। मयंक की 10539 रही। नमन की 3340 रही। प्रिया की 7656 रही। स्कूल प्रबंधन के मुताबिक सभी चयनित विद्यार्थियों ने नियमित कक्षा शिक्षण कार्यक्रम से तैयारी की। सफलता के पीछे विद्यार्थियों की मेहनत रही। शिक्षकों का मार्गदर्शन रहा। अभिभावकों का सहयोग रहा। जेईई एडवांस 2026 में सफल इन विद्यार्थियों के लिए आईआईटी समेत अन्य प्रमुख तकनीकी संस्थानों में दाखिले के मौके खुले हैं। नतीजे पर विजय निर्मोही, शीलू निर्मोही, गीतिका मेहता, मैत्री निर्मोही, तनु भाटिया, निशांत निर्मोही ने विद्यार्थियों, अभिभावकों, अध्यापकों रोहित, दिलप्रीत, नवीन को बधाई दी। उन्होंने कहा कि स्कूल गुणवत्तापूर्ण शिक्षा पर फोकस करता है। प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी पर भी। आगे भी विद्यार्थियों को नए लक्ष्य बनाने के लिए प्रेरित किया जाएगा। उपलब्धि के बाद स्कूल में खुशी का माहौल है। क्षेत्रवासियों ने भी विद्यार्थियों की सफलता पर प्रसन्नता जताई।
करनाल में तरावड़ी के 12.60 करोड़ रुपये के धान घोटाले में पुलिस की कार्रवाई अब तेज होती नजर आ रही है। बालाजी राइस मिल से जुड़े एक और आरोपी अरुण को गिरफ्तार कर लिया गया है। फिलहाल मामले में शामिल अन्य बड़े आरोपी अभी भी पुलिस की पकड़ से बाहर हैं, जिससे जांच पर सवाल भी उठ रहे हैं। जिला खाद्य एवं आपूर्ति नियंत्रक की जांच में सामने आए इस घोटाले में सरकारी धान की बड़ी मात्रा गायब मिली थी। मामले में पहले ही एक आरोपी रामफल को गिरफ्तार किया जा चुका है, जबकि अब अरुण की गिरफ्तारी हुई है। इस मामले में बड़ी रकम और कई जिम्मेदार लोगों के नाम सामने आने के कारण पुलिस पर जल्द कार्रवाई का दबाव बढ़ता जा रहा है। दो मिलों से 36 हजार क्विंटल धान गायबजांच की शुरुआत उस समय हुई जब जिला खाद्य एवं आपूर्ति नियंत्रक मुकेश कुमार ने तरावड़ी स्थित बालाजी राइस मिल और विश्वकर्मा राइस मिल का औचक निरीक्षण कराया। फिजिकल वेरिफिकेशन में दोनों मिलों से कुल 36 हजार क्विंटल धान कम पाया गया। इसमें बालाजी राइस मिल से 10 हजार क्विंटल और विश्वकर्मा राइस मिल से 26 हजार क्विंटल धान नहीं मिला। इस पूरे घोटाले की कीमत करीब 12.60 करोड़ रुपये आंकी गई। बालाजी राइस मिल में 3.50 करोड़ का गड़बड़झालाजांच के दौरान बालाजी राइस मिल में 10 हजार क्विंटल धान कम पाया गया, जिसकी कीमत करीब 3.50 करोड़ रुपये थी। सरकारी रिकॉर्ड में यह धान मिल में मौजूद दिखाया गया था, लेकिन मौके पर न तो स्टॉक मिला और न ही कोई संतोषजनक रिकॉर्ड। जांच में सामने आया कि इस धान की देखरेख की जिम्मेदारी तत्कालीन डीएफएससी निरीक्षक देवेंद्र और सहायक निरीक्षक रामफल के पास थी। वहीं मिल मालिक मोहित, सुरेंद्र और उनके पार्टनर अरुण को सरकार को चावल उपलब्ध कराना था। जब अधिकारियों ने गायब धान के बारे में पूछा तो कोई स्पष्ट जवाब नहीं दिया जा सका। मशीनरी की जगह मिला कबाड़, बढ़ा शकनिरीक्षण के दौरान एक और चौंकाने वाली बात सामने आई। मिल में काम करने वाली मशीनरी की जगह कबाड़ मिला। अधिकारियों को शक हुआ कि आरोपी बाद में नई मशीनें लगाने की तैयारी में थे, जिससे मामले को छुपाया जा सके। इसके बाद तरावड़ी थाना पुलिस ने देवेंद्र, रामफल, मोहित, सुरेंद्र और अरुण के खिलाफ मामला दर्ज किया। विश्वकर्मा राइस मिल में 9.10 करोड़ का खेलइसी जांच के दौरान विश्वकर्मा राइस मिल का भी फिजिकल वेरिफिकेशन किया गया। यहां 26 हजार क्विंटल धान कम मिला, जिसकी कीमत करीब 9.10 करोड़ रुपये थी। सबसे हैरान करने वाली बात यह रही कि इस मिल में धान से चावल बनाने के लिए जरूरी मशीनरी ही मौजूद नहीं थी। इसके बावजूद मिल को सरकारी धान आवंटित किया गया था। जांच में सामने आया कि मिल ने सरकार को तय कोटे के अनुसार एक भी दाना चावल वापस नहीं किया था। इन अधिकारियों और मालिकों पर जिम्मेदारीविश्वकर्मा राइस मिल के मामले में मिल मालिक महेंद्र जांगड़ा के साथ तत्कालीन इंस्पेक्टर देवेंद्र और सहायक इंस्पेक्टर रामफल को जिम्मेदार माना गया। वहीं बालाजी राइस मिल के मामले में भी यही अधिकारी और मिल मालिक जिम्मेदार पाए गए। अब तक इस पूरे घोटाले में केवल दो आरोपियों की गिरफ्तारी हुई है। पहले सहायक निरीक्षक रामफल को पकड़ा गया था और अब बालाजी राइस मिल के पार्टनर अरुण को गिरफ्तार किया गया है। जबकि निलंबित डीएफएससी निरीक्षक देवेंद्र, बालाजी राइस मिल के मालिक मोहित और सुरेंद्र, तथा विश्वकर्मा राइस मिल के संचालक महेंद्र जांगड़ा अभी भी फरार हैं। पुलिस की दबिश जारी, जल्द गिरफ्तारी का दावातरावड़ी थाना के जांच अधिकारी हरविश कुमार ने बताया कि आरोपी अरुण को गिरफ्तार कर लिया गया है। अन्य आरोपियों की तलाश में लगातार दबिश दी जा रही है और जल्द ही उन्हें भी गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
तीन माह में कॉन्ट्रेक्ट कंपनी पूरा प्लान और डीपीआर नगर निगम को देगी
भास्कर न्यूज | करनाल स्मार्ट सिटी में सीवरेज चोक की समस्या के समाधान के लिए नगर निगम 2 स्थानों पर 23 एमएलडी क्षमता के दो सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट लगाएगा। सीवरेज ओवरफ्लो होने की समस्या के समाधान के लिए तैयार किए इस प्रोजेक्ट के टेंडर की टेक्निकल बिड ओपन हो गई है। नगर निगम की ओर से जल्द ही टेक्निकल एव्युलेशन के लिए प्रोजेक्ट की फाइल शहरी स्थानीय निकाय विभाग के मुख्यालय पंचकूला भेजी जाएगी। जहां से कॉन्ट्रेक्टर एजेंसी के टेक्निकली पास होने पर प्रोजेक्ट की फाइनेंशियल बिड ओपन की जाएगी। इसके बाद सीएम की अध्यक्षता वाली नेगोशिएशन कमेटी में रेट अप्रूवल होने पर संबंधित कंपनी को वर्क ऑर्डर जारी कर दिया जाएगा। इस कार्य में जून का महीना लग जाएगा। अधिकारियों का दावा है कि बरसात के सीजन के बाद इस प्रोजेक्ट पर काम शुरू कराया जाएगा। निर्माण कार्य शुरू होने के डेढ़ से दो साल की अवधि में शहर में 15 एमएलडी सेक्टर-4 और 8 एमएलडी का सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट शिव कॉलोनी में स्थापित हो जाएगा। ^शहर में दो नए एसटीपी लगाने के लिए टेंडर की टेक्निकल बिड ओपन हो गई है, जबकि आठ कॉलोनियों में सीवरेज लाइन बिछाने के कार्य को लेकर प्रोजेक्ट की डीपीआर तैयार करने के लिए सर्वे टीम फील्ड में आ गई है। दोनों कार्य होने से शहर की सीवरेज प्रणाली और सुदृढ़ हो जाएगी। - रेणुबाला गुप्ता, महापौर नगर निगम, करनाल। नगर निगम की ओर से शहर की 8 कॉलोनियों में सीवरेज व पेयजल की 32 किलोमीटर लंबी लाइन बिछाई जाएगी। जिसके लिए नियुक्त किए गए कंसलटेंट ने इन कॉलोनियों में सर्वे का काम शुरू कर दिया है। सर्वे टीम यह डाटा संग्रहित करेगी कि कहां पर कितने पेयजल व सीवर लाइन बिछेगी और कहां पर कितनी दूरी की पेयजल लाइन बिछाई जाएगी। अगले तीन माह में कॉन्ट्रेक्ट कंपनी पूरा प्लान और डीपीआर तैयार करके नगर निगम को देगी। जिसके आधार पर नगर निगम निर्माण कार्य के लिए टेंडर जारी करेगा। फिलहाल 125 करोड़ रुपए अनुमान है, लेकिन डीपीआर तैयार होने पर प्रोजेक्ट की वास्तविक लागत सामने आएगी। नगर निगम द्वारा आरके पुरम रजवाहे के पास, शक्तिपुरम एक्सटेंशन, आरकेपुरम पार्ट दो विकास कॉलोनी मेरठ रोड, बलराम कॉलोनी, विजय नगर, सुखबीर कॉलोनी और कनिका विहार में यह काम कराया जाएगा। डीपीआर तैयार करने के बाद यह कॉन्ट्रेक्टर कंपनी द्वारा ही टेंडर लगाया जाएगा। शिव कॉलोनी में लगने वाले 8 एमएलडी सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट से लाइन पार क्षेत्र की घनी आबादी वाली कॉलोनियों में बसे लोगों को फायदा मिलेगा। यहां पर रामनगर, शिव कॉलोनी, शास्त्री नगर, प्रेम नगर, हकीकत नगर जैसी घनी आबादी वाली कॉलोनियों हैं, जहां पर सीवरेज चोक होने और ओवरफ्लो होने की समस्या बनी रहती है। नया एसटीपी लगने से यह समस्या दूर हो जाएगी। सेक्टर-4 में बनने वाले 15 एमएलडी के नए सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट के चालू होने पर पुराने शहर के साथ सेक्टरों के बाशिंदों को सीवर चोक की समस्या से राहत मिलेगी। सेक्टरों में कई जगह सीवर चोक की समस्या बनी हुई है। सेक्टर-7 में सेक्टर-32-33 थाना के निकट बार-बार सीवर ओवरफ्लो होकर गंदा पानी सड़क पर फैल जाता है, इससे राहगीरों को आवागमन में परेशानी आती है।
आईटीआई में दाखिले आज से शुरू, 15 जून तक कर सकेंगे ऑनलाइन आवेदन
भास्कर न्यूज | करनाल जिले में युवाओं को रोजगारपरक और तकनीकी शिक्षा से जोड़ने के लिए औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थानों (आईटीआई) में नए सत्र के दाखिले 2 जून से शुरू कर दिए गए हैं। विद्यार्थी 15 जून तक ऑनलाइन आवेदन कर सकेंगे। इस बार जिले की 10 सरकारी आईटीआई में करीब 2240 सीटें उपलब्ध हैं, जबकि 10 निजी आईटीआई भी संचालित हैं। आईटीआई करनाल के प्राचार्य राकेश भाटिया ने बताया कि दाखिला प्रक्रिया के पहले चरण में विद्यार्थी ऑनलाइन आवेदन कर अपनी पसंद के ट्रेड चुन सकते हैं। इसके लिए 8वीं, 10वीं और 12वीं पास छात्र पात्र हैं। 30 ट्रेडों में प्रशिक्षण का मौका : आईटीआई में इस बार कुल 30 विभिन्न ट्रेडों में प्रशिक्षण दिया जाएगा, जिनमें इंजीनियरिंग और नॉन-इंजीनियरिंग दोनों प्रकार के कोर्स शामिल हैं। प्रत्येक ट्रेड में 20 से 24 सीटें निर्धारित हैं। प्रमुख ट्रेड इस प्रकार हैं : इलेक्ट्रीशियन, फिटर, कंप्यूटर ऑपरेटर एंड प्रोग्रामिंग असिस्टेंट (कोपा), रेफ्रिजरेशन एंड एयर कंडीशनिंग, कंप्यूटर हार्डवेयर एंड नेटवर्क असिस्टेंट, मैकेनिक मोटर व्हीकल, मैकेनिक डीजल, टर्नर, वेल्डर, वायरमैन, प्लंबर, पेंटर जनरल, ड्राफ्ट्समैन सिविल, इलेक्ट्रॉनिक्स मैकेनिक, मशीनिस्ट, फाउंड्रीमैन, स्टेनोग्राफर (हिंदी/अंग्रेजी) सहित कई अन्य ट्रेड शामिल हैं। ड्रोन और रोबोटिक्स पर फोकस : नए सत्र में ड्रोन प्रोजेक्ट लैब की शुरुआत भी की जाएगी, जिसमें छात्र ड्रोन निर्माण, कोडिंग और डिजाइन जैसी आधुनिक तकनीकों का प्रशिक्षण ले सकेंगे। इसके अलावा छह माह के रोबोटिक्स और इलेक्ट्रिकल आधारित कोर्स भी शुरू किए जा रहे हैं, जो युवाओं को तेजी से बदलती तकनीकी दुनिया के लिए तैयार करेंगे।
34 करोड़ की जिप की बिल्डिंग के निर्माण की जांच के लिए टीम पहुंची, बना रही रिपोर्ट
भास्कर न्यूज | करनाल जिला परिषद (जिप) की करीब 34 करोड़ रुपए की लागत से बन रही नई बिल्डिंग में निर्माण संबंधी खामियां मिलने के बाद कार्रवाई का दायरा बढ़ गया है। दो एक्सईएन और एक जेई के निलंबन के बाद अब पंचायती राज विभाग मुख्यालय से जांच टीम करनाल पहुंची है। टीम भवन का निरीक्षण कर रही है और वीडियोग्राफी के साथ विस्तृत रिपोर्ट तैयार की जा रही है। जांच के दायरे में निर्माण एजेंसी संजय कंस्ट्रक्शन कंपनी जींद भी है, जिस पर बड़ी कार्रवाई हो सकती है। विभागीय अधिकारियों के अनुसार समीक्षा के दौरान जिला परिषद भवन के निर्माण कार्य की गुणवत्ता संतोषजनक नहीं पाई गई। निर्माण कार्य की निगरानी और पर्यवेक्षण में गंभीर लापरवाही सामने आने पर भवन की गुणवत्ता पर सवाल उठे हैं। इसके बाद पंचायती राज विभाग के मुख्य अभियंता को पूरे निर्माण कार्य का निरीक्षण कर विस्तृत रिपोर्ट देने के निर्देश दिए गए हैं। इस परियोजना में पहले ही लापरवाही के आरोप में कार्यकारी अभियंता (एक्सईएन) नारायण दत्त और परमिंद्र सिंह को निलंबित किया जा चुका है। इसके बाद जूनियर इंजीनियर (जेई) रमेश चंद को भी सस्पेंड कर दिया गया। यह कार्रवाई 26 मई को मुख्यमंत्री की अध्यक्षता में हुई क्वालिटी एश्योरेंस अथॉरिटी की समीक्षा बैठक के बाद की जा रही है। भवन निर्माण कार्य 27 जून 2023 को शुरू हुआ, जो दो वर्ष में पूरा करना था। लेकिन एक साल देरी में चल रहा निर्माण कार्य अब भी अधूरा है। जांच शुरू होने के बाद निर्माण एजेंसी ने भवन में दिखाई दे रही कमियों को दूर करने के लिए मरम्मत कार्य भी शुरू कर दिया है। मुख्य अभियंता की रिपोर्ट तैयार होने के बाद इसे अतिरिक्त मुख्य सचिव (एसीएस) को भेजा जाएगा। रिपोर्ट के आधार पर दोषी अधिकारियों और निर्माण एजेंसी के खिलाफ आगे की विभागीय कार्रवाई तय की जाएगी। वहीं, पंचायती राज विभाग के एसई वीरेंद्र ने कहा कि बिल्डिंग को लेकर जांच रिपोर्ट बनाई जा रही है।
शहर के सरकारी कॉलेजों में सबसे अधिक बीए में आवेदन
भास्कर न्यूज | करनाल शहर के 2 प्रमुख सरकारी कॉलेजों में अंडरग्रेजुएट दाखिले के लिए आवेदन प्रक्रिया रविवार को आधिकारिक रूप से बंद हो गई। इसके बाद उच्च शिक्षा विभाग (डीएचई) ने 1 जून को आवेदन की अंतिम तिथि बढ़ाते हुए 15 जून कर दी। इस बार के आवेदन आंकड़ों ने साफ संकेत दिया है कि छात्रों का रुझान परंपरागत कोर्सों की ओर तेजी से बढ़ा है, जबकि प्रोफेशनल कोर्स पिछड़ते नजर आ रहे हैं। दोनों सरकारी कॉलेजों में सबसे ज्यादा आवेदन बीए में आए हैं। कुल 2198 आवेदन के साथ बीए ने अन्य सभी कोर्सों को पीछे छोड़ दिया। इसके बाद बीकॉम में 1296 आवेदन और फिर बीसीए 911 आवेदन का स्थान रहा। वहीं, बीएससी होम साइंस में सिर्फ 17 आवेदन ही पहुंचे, जो सबसे कम हैं। राजकीय महिला कॉलेज करनाल : बीए में 751, बीए इंग्लिश में 49, बीबीए में 203, बीकॉम में 375, बीसीए में 239, बीएससी फिजिकल साइंस में 179 व बीएससी मैथ में 24 आवेदन आए। जहां एक ओर सामान्य डिग्री कोर्सों में भीड़ बढ़ती जा रही है, वहीं प्रोफेशनल कोर्सों में स्थिति चिंताजनक है। मास कम्युनिकेशन में केवल 51 आवेदन और बीटीएम में 55 आवेदन ही आए हैं, जबकि इन कोर्सों में सीटें अपेक्षाकृत अधिक हैं। इससे साफ है कि छात्रों का झुकाव इन विषयों से लगातार कम हो रहा है। कॉलेजों में सीटों का गणित : पंडित चिरंजीलाल राजकीय पीजी कॉलेज : बीए में 1447, बीए (मेजर इंग्लिश) में 86, बीकॉम में 921, बीसीए में 672, बीएससी होम साइंस में 17, बीएएमसी में 51, बीएससी लाइफ साइंसेस में 417, बीएससी फिजिकल साइंसेस में 352, बीएससी बॉटनी में 57, बीएससी आईटी में 118, बीएससी मैथ में 47, बीएससी जूलॉजी में 76 व बीटीएम में 55 आवेदन आए। ^डीएचई की ओर से 15 जून तक कॉलेजों आवेदन करने की तिथि बढ़ा दी है। अब विद्यार्थी आराम से समय रहते हुए विभिन्न कोर्स में दाखिला भर सकेंगे। ऐसे में जिन कॉलेजों में आवेदन कम आए है। उनमें आवेदन आने की अभी उम्मीद बाकी है। - डॉ. रेखा त्यागी, डीएचईओ एवं प्राचार्या, करनाल।
पारा सामान्य से 7 डिग्री नीचे, 6 तक आंधी-बूंदाबांदी के आसार
भास्कर न्यूज | करनाल मई की भीषण गर्मी के बाद जून की शुरुआत राहत भरी रही। रविवार को करनाल में अधिकतम तापमान 32.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो सामान्य से 7 डिग्री कम रहा। वहीं न्यूनतम तापमान 22.8 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड हुआ, जो सामान्य से 2 डिग्री नीचे रहा। तापमान में आई गिरावट से लोगों को भीषण और लू से काफी राहत मिली। मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार हरियाणा में 6 जून तक मौसम परिवर्तनशील बना रहेगा। प्रदेश पर लगातार दो पश्चिमी विक्षोभों का आंशिक प्रभाव पड़ रहा है। पहला पश्चिमी विक्षोभ 2 जून तथा दूसरा 4 जून को सक्रिय होगा। इसके साथ पंजाब के ऊपर एक साइक्लोनिक सर्कुलेशन बनने की संभावना है, जिसके प्रभाव से मौसम में बदलाव देखने को मिलेगा। मौसम विभाग के अनुसार 2 जून की रात से 6 जून तक प्रदेश के अधिकांश क्षेत्रों में बीच-बीच में मध्यम से तेज हवाएं चल सकती हैं। कई स्थानों पर गरज-चमक के साथ बूंदाबांदी या हल्की बारिश होने की संभावना है, जबकि कुछ इलाकों में मध्यम से तेज बारिश भी हो सकती है। मौसम में बदलाव के कारण दिन के तापमान में फिलहाल कोई बड़ी बढ़ोतरी होने की उम्मीद नहीं है। आगे कैसा रहेगा मौसम अगले कुछ दिनों में अधिकतम तापमान 37 से 38 डिग्री और न्यूनतम तापमान 24 से 25 डिग्री सेल्सियस के बीच रहने का अनुमान है। मौसम में उतार-चढ़ाव के बावजूद लू चलने की संभावना फिलहाल कम है।
दुकान से चोरी करने के मामले में दो आरोपी पकड़े
करनाल | चोरी की वारदात का खुलासा करते हुए दो आरोपियों को सीआईए-3 टीम ने गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से चोरी की गई 46 हजार 500 रुपए बरामद कर लिए है। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान सागर उर्फ लाडा वासी वार्ड नंबर-14 करनाली गेट तथा बंटी वासी खेड़े वाली गली नजदीक गुरुद्वारा गेट तरावड़ी के रूप में हुई है। पुलिस के अनुसार 27 मई रात तरावड़ी क्षेत्र में एक दुकान का दरवाजा तोड़कर चोरों ने वारदात को अंजाम दिया था। शिकायत मिलने के बाद थाना तरावड़ी में मामला दर्ज कर जांच शुरू की गई थी। इसके बाद आरोपी पकड़े गए।
पेट्रोल पंप पर नोट बदलने को लेकर विवाद, दो कर्मी घायल
भास्कर न्यूज | करनाल शहर स्थित गुरुनानक पेट्रोल पंप पर खराब नोट बदलने को लेकर विवाद हो गया। पेट्रोल भरवाने आए कुछ युवकों और पंप कर्मचारियों के बीच मारपीट हुई। इस हमले में दो कर्मचारी घायल हो गए। जानकारी के अनुसार रविवार रात को 2 युवक पेट्रोल डलवाने पहुंचे थे। भुगतान के दौरान दिए गए नोट में से एक नोट खराब होने पर कर्मचारियों ने उसे बदलने की बात कही। इसी बात को लेकर दोनों पक्षों में विवाद बढ़ गया और युवक वहां से चले गए। कुछ ही देर बाद वही युवक अपने 8 से 10 साथियों के साथ वापस आए। आरोप है कि लौटते ही उन्होंने बिना कोई बातचीत किए लाठी-डंडों से कर्मचारियों पर हमला कर दिया। हमले में कर्मचारी रामू और रामकुमार घायल हो गए। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची । पुलिस ने अज्ञात युवकों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है।
ऑनलाइन कमाई का लालच देकर युवक से 4.11 लाख ठगे, केस दर्ज
भास्कर न्यूज | करनाल ऑनलाइन कमाई का लालच देकर साइबर ठगों ने एक युवक से 4 लाख 11 हजार रुपए की ठगी कर ली। ठगों ने पहले उसे वॉट्सअप ग्रुप में जोड़कर छोटे-छोटे टास्क दिए और भुगतान कर भरोसा दिया। बाद में मुनाफे का झांसा देकर बैंक खातों में लाखों रुपए ट्रांसफर करवा लिए। मामले में साइबर थाना पुलिस ने केस दर्ज किया है। शहर के अनुभव ने शिकायत दी कि 19 मई को उसे एक अज्ञात नंबर से “डेली प्रॉफिट मेकर्स” नाम के वॉट्सअप ग्रुप में जोड़ा गया। ग्रुप के एडमिन की प्रोफाइल पर एक कंपनी का लोगो लगा हुआ था। ग्रुप में दावा किया गया कि नायका के प्रोडक्ट्स से जुड़े टास्क पूरे करने पर प्रति टास्क 200 रुपए मिलेंगे। 22 मई को अनुभव ने एक डेमो टास्क पूरा कर स्क्रीनशॉट भेजा। इसके बाद उसे टेलीग्राम आईडी पर बैंक खाता, आईएफएससी कोड और यूपीआई आईडी साझा करने को कहा गया। 24 मई से ठगों ने उसे निवेश और टास्क पूरे करने के नाम पर अलग-अलग खातों में रकम जमा करवानी शुरू कर दी। युवक अनुभव ने कई किस्तों में विभिन्न यूपीआई और बैंक खातों में कुल 4 लाख 11 हजार 360 रुपए ट्रांसफर कर दिए। इसके बाद आरोपियों ने उसका ‘स्कोर 85’ बताकर 1.25 लाख रुपए और जमा कराने की मांग की। इस पर उसे ठगी का शक हुआ और उसने पैसे भेजने बंद कर दिए। पीड़ित ने तुरंत साइबर हेल्पलाइन 1930 पर शिकायत दर्ज करवाई और राष्ट्रीय साइबर अपराध रिपोर्टिंग पोर्टल पर भी मामला दर्ज कराया। शिकायत के आधार पर साइबर थाने में अब अज्ञात आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज किया है।
2.90 लाख रुपए की लूट की कहानी निकली फर्जी, साले को पैसे न देने के लिए रची साजिश
भास्कर न्यूज | करनाल असंध रोड पर 2 लाख 90 हजार रुपए की लूट की वारदात पुलिस जांच में फर्जी निकली है। रविवार रात को एक व्यक्ति ने पुलिस को सूचना दी थी कि कुछ बदमाशों ने रास्ते में रोककर उसके साथ मारपीट की और नकदी लूटकर फरार हो गए। सदर थाना के एसएचओ तरसेम चंद ने बताया कि सूचना मिलते ही पुलिस और सीआईए की टीमें मौके पर पहुंचीं, लेकिन जांच आगे बढ़ने पर पूरी कहानी झूठी साबित हुई। पुलिस ने अब शिकायतकर्ता पर ही मामला दर्ज कर लिया है। रामनगर का पवन कुमार कोरियर कंपनी में काम करता है। उसने रविवार रात पुलिस को बताया कि उसने जुंडला में अपना एक प्लॉट बेचा था। प्लॉट की बिक्री से मिले 2 लाख 90 हजार रुपए लेकर वह बाइक पर घर लौट रहा था। जुंडला-बांसा रोड पर दो बाइकों पर सवार चार युवकों ने उसे रोक लिया और नकदी लूट ली। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू की। पूछताछ के दौरान पवन के बयान लगातार बदलते रहे। कभी उसने तीन तो कभी चार आरोपियों की बात कही। घटना के संबंध में वह स्पष्ट जानकारी भी नहीं दे पाया, जिससे पुलिस को उस पर संदेह हुआ। सख्ती से पूछताछ करने पर मामला खुल गया। जांच में सामने आया कि पवन का अपने साले के साथ पैसों का लेन-देन था। प्लॉट बेचने के बाद मिली रकम में से हिस्सा या बकाया राशि न चुकानी पड़े, इसलिए उसने लूट की झूठी कहानी बनाकर पुलिस को गुमराह करने का प्रयास किया।
फरार बदमाश का सुराग नहीं, पुलिस कर्मी ड्यूटी पर थे या नहीं, जांच शुरू
करनाल | नागरिक अस्पताल से फरार हुए पंजाब निवासी बदमाश गुरजीत सिंह का सोमवार को पांचवें दिन भी कोई सुराग नहीं लग पाया है। वहीं मामले में लापरवाही बरतने के आरोप में 6 पुलिस कर्मचारियों को निलंबित किया जा चुका है, जिनकी विभागीय जांच शुरू की है। जानकारी के अनुसार गुरजीत सिंह को 25 मई को पैर में गोली लगने के बाद उपचार के लिए नागरिक अस्पताल के कैदी वार्ड-314 में भर्ती कराया गया था। उसकी सुरक्षा के लिए पुलिस कर्मियों की ड्यूटी लगाई गई थी। इसके बावजूद 28 मई की रात करीब 12:24 बजे आरोपी अस्पताल से फरार हो गया। आरोपी के फरार होने की सूचना पुलिस अधिकारियों तक भी देरी से पहुंची, जिसके चलते उसे छिपने और भागने का पर्याप्त समय मिल गया। यही कारण है कि अब तक उसकी गिरफ्तारी नहीं हो पाई है। मामले को गंभीरता से लेते हुए पुलिस अधीक्षक ने सुरक्षा ड्यूटी में तैनात 6 पुलिस कर्मचारियों को सस्पेंड कर दिया। विभागीय जांच में यह पता लगाया जा रहा है कि फरारी के समय संबंधित कर्मचारी अपनी ड्यूटी पर मौजूद थे या नहीं। सीआईए और पुलिस टीमें पंजाब समेत विभिन्न संभावित ठिकानों पर आरोपी की तलाश में जुटी हुई हैं।
लाडो लक्ष्मी योजना के लिए 3 व 4 को होंगी एरिया सभा बैठकें
भास्कर न्यूज | करनाल नगर निगम ने दीन दयाल लाडो लक्ष्मी योजना, वृद्धावस्था पेंशन और विधवा पेंशन के लाभार्थियों के सत्यापन के लिए सभी 20 वार्डों में एरिया सभा का गठन किया है। यह जानकारी अतिरिक्त निगमायुक्त अशोक कुमार ने दी। उन्होंने बताया कि नगर निगम क्षेत्र में वार्डवार एरिया सभा की बैठकें 3 और 4 जून 2026 को आयोजित की जाएंगी। वार्ड 1 से 10 की बैठक 3 जून को और वार्ड 11 से 20 की बैठक 4 जून को सुबह 10 बजे से दोपहर 1 बजे तक होगी। इन एरिया सभाओं के माध्यम से बूथ स्तर पर संबंधित योजनाओं के पात्र लाभार्थियों का सत्यापन किया जाएगा। इसके लिए निगम अधिकारियों और कर्मचारियों को नोडल अधिकारी एवं सदस्य सचिव नियुक्त किया गया है। अतिरिक्त निगमायुक्त ने बताया कि सत्यापन कार्य संबंधित वार्डों के मतदाताओं द्वारा किया जाएगा।
फसल अवशेष प्रबंधन मशीनों पर 50 % अनुदान
करनाल | कृषि एवं किसान कल्याण विभाग हरियाणा द्वारा राष्ट्रीय कृषि विकास योजना के तहत फसल अवशेष प्रबंधन मशीनों पर 50 प्रतिशत अनुदान के लिए वर्ष 2026-27 के लिए ऑनलाइन आवेदन आमंत्रित किए गए हैं। किसान 15 जून तक विभागीय पोर्टल agriharyana.gov.in पर आवेदन कर सकते हैं। उप कृषि निदेशक डॉ. वजीर सिंह ने बताया कि आवेदन के लिए मेरी फसल मेरा ब्योरा पोर्टल पर खरीफ एवं रबी सीजन 2025-26 का पंजीकरण अनिवार्य है। पराली जलाने संबंधी रेड एंट्री वाले किसान योजना के पात्र नहीं होंगे।
कॉलेजों में स्नातक दाखिले की अंतिम तिथि 15 तक बढ़ी
बदलेगा आगामी पूरा प्रोग्राम, पहले 11 को जारी होनी थी पहली मेरिट लिस्ट भास्कर न्यूज | रेवाड़ी हरियाणा के सरकारी और सहायता प्राप्त कॉलेजों में शैक्षणिक सत्र 2026-27 के लिए स्नातक (यूजी) पाठ्यक्रमों में दाखिले की राह देख रहे विद्यार्थियों के लिए राहत भरी खबर है। उच्चतर शिक्षा विभाग, हरियाणा ने ऑनलाइन दाखिला प्रक्रिया की अंतिम तिथि 31 मई से बढ़ाकर अब 15 जून कर दी है। यह निर्णय राज्य भर के कॉलेजों की ओर से प्राप्त आवेदनों की कम संख्या और कॉलेजों की मांग के बाद लिया गया है। इस बार आवेदनों की संख्या पिछले वर्ष के मुकाबले काफी कम रही, जिसके चलते विभाग को यह कदम उठाना पड़ा। अब छात्र बिना किसी विलंब शुल्क के 15 जून तक अपना पंजीकरण करवा सकते हैं। बड़ी बात है कि इस बार भी प्रोफेशनल कोर्स की तरफ ही विद्यार्थियों का रुझान ज्यादा है। जिले के दो सरकारी कॉलेजों सेक्टर-18 गर्ल्स कॉलेज व कंवाली कॉलेज में बीसीए की पढ़ाई हो रही हैं, जिनमें 60-60 सीटें हैं। दोनों ही कॉलेजों में सीटों से दोगुने आवेदन आ चुके हैं। इसी तरह अन्य संकायों जैसे बीए, बीकॉम व साइंस में कम हैं। नया शेड्यूल होगा जारी, कट-ऑफ लिस्ट में बदलाव संभव दाखिला तिथि बढ़ाए जाने के कारण अब पूरा प्रवेश कार्यक्रम संशोधित किया जाएगा। विभाग की ओर से जल्द ही नया शेड्यूल जारी किया जाएगा, जिसके अनुसार मेरिट लिस्ट और कट-ऑफ जारी करने की तारीखें भी बदल जाएंगी। पुराने शेड्यूल के तहत पहली फाइनल मेरिट लिस्ट 11 जून को जारी होनी थी, जिसे अब आगे बढ़ाया जाएगा। उच्चतर शिक्षा विभाग की ओर से जल्द ही आगामी नया शेड्यूल जारी किया जाएगा।
हरियाणा कांग्रेस संगठन में अनुशासन और समन्वय को मजबूत करने के लिए पार्टी हाईकमान ने बड़ा निर्देश जारी किया है। अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी (एआईसीसी) के हरियाणा प्रभारी बी.के. हरिप्रसाद ने 28 मई 2026 को जारी पत्र में स्पष्ट किया है कि कांग्रेस के नाम पर प्रदेश में कोई भी आंदोलन, धरना, प्रदर्शन, विरोध-प्रदर्शन, प्रेस वार्ता अथवा अन्य सार्वजनिक राजनीतिक कार्यक्रम बिना हरियाणा प्रदेश कांग्रेस कमेटी (HPCC) को पूर्व सूचना दिए और उसकी स्वीकृति प्राप्त किए आयोजित नहीं किया जाएगा।एआईसीसी की ओर से जारी यह निर्देश हरियाणा के सभी सांसदों, विधायकों, पूर्व सांसदों-विधायकों, जिला कांग्रेस कमेटी अध्यक्षों, पदाधिकारियों, प्रकोष्ठों, विभागों, विंग्स तथा पार्टी कार्यकर्ताओं पर लागू होगा। यहां देखिए बीके हरिप्रसाद के लेटर की कॉपी… संगठनात्मक समन्वय और एकरूपता पर जोरपार्टी प्रभारी बीके हरिप्रसाद के लेटर में कहा गया है कि प्रदेश में विभिन्न स्तरों पर लगातार आंदोलन, धरने, विरोध-प्रदर्शन और राजनीतिक गतिविधियों का आयोजन किया जा रहा है। ऐसे में संगठनात्मक समन्वय, अनुशासन, संदेश की एकरूपता, मीडिया प्रबंधन और प्रभावी राजनीतिक रणनीति सुनिश्चित करने के लिए यह व्यवस्था लागू की गई है।कांग्रेस नेतृत्व का मानना है कि अलग-अलग स्तरों पर बिना समन्वय के आयोजित कार्यक्रमों से संगठनात्मक संदेश प्रभावित हो सकता है। इसलिए सभी गतिविधियों को प्रदेश नेतृत्व के साथ समन्वय बनाकर संचालित किया जाएगा।जारी किए गए प्रमुख निर्देशएआईसीसी के पत्र में तीन महत्वपूर्ण निर्देश दिए गए हैं, जिसमें पहला, प्रस्तावित कार्यक्रम या गतिविधि का पूरा विवरण पहले HPCC कार्यालय को उपलब्ध कराया जाए। दूसरा, किसी भी सार्वजनिक घोषणा या कार्यक्रम के आयोजन से पहले HPCC कार्यालय से आवश्यक स्वीकृति या अनुमति प्राप्त की जाए और तीसरा, सभी स्तरों पर संबंधित जिला और प्रदेश नेतृत्व के साथ समुचित समन्वय सुनिश्चित किया जाए। निर्देशों के कड़ाई से पालन के आदेशबीके हरिप्रसाद ने लेटर में कहा है कि संगठन की एकता और अनुशासित कार्यप्रणाली के व्यापक हित में सभी संबंधित नेता और कार्यकर्ता इन निर्देशों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित करें।इस पत्र की प्रतिलिपि हरियाणा प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष, कांग्रेस विधायक दल (CLP) नेता तथा हरियाणा अनुशासन समिति के चेयरमैन को भी भेजी गई है।इसके क्या हैं राजनीतिक मायनेराजनीतिक जानकारों के अनुसार यह निर्देश ऐसे समय आया है जब हरियाणा कांग्रेस के भीतर विभिन्न नेताओं और गुटों द्वारा अलग-अलग मुद्दों पर कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। आगामी चुनावी रणनीति को देखते हुए पार्टी हाईकमान संगठनात्मक गतिविधियों को एक केंद्रीकृत ढांचे में लाना चाहता है ताकि पार्टी का संदेश एकरूप रहे और राजनीतिक कार्यक्रमों में बेहतर समन्वय सुनिश्चित हो सके।
रैली, पोस्टर और नारे से तंबाकू के खिलाफ युवाओं ने भरी हुंकार
भास्कर न्यूज | कवर्धा एक ओर जहां युवाओं में तंबाकू व निकोटिन उत्पादों की बढ़ती लत चिंता का विषय बनी हुई है, वहीं दूसरी ओर पीजी कॉलेज के विद्यार्थियों ने इसके खिलाफ जागरूकता की मजबूत पहल की। विश्व तंबाकू निषेध दिवस पर तंबाकू नियंत्रण समिति व राष्ट्रीय सेवा योजना (एनएसएस) के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित दो दिवसीय कार्यक्रम में छात्रों ने पोस्टर, नारे और रैली के माध्यम से तंबाकू मुक्त समाज का संदेश दिया। कॉलेज परिसर में आयोजित कार्यक्रम का उद्देश्य युवाओं और आम नागरिकों को तंबाकू सेवन से होने वाले स्वास्थ्य, सामाजिक और आर्थिक नुकसान के प्रति जागरूक करना था। यह कार्यक्रम प्राचार्य डॉ. ऋचा मिश्रा के मार्गदर्शन में आयोजित किया गया,जबकि इसकी अध्यक्षता वरिष्ठ प्राध्यापक दीपक कुमार देवांगन ने की। उन्होंने कहा कि तंबाकू निषेध जैसे अभियान केवल औपचारिक कार्यक्रम नहीं, बल्कि समाज में सकारात्मक बदलाव लाने का माध्यम हैं। वहीं, नारा लेखन प्रतियोगिता में बीएससी द्वितीय सेमेस्टर के मितेश देवांगन प्रथम और फिलेश कुमार द्वितीय स्थान पर रहे। प्रतियोगिता के निर्णायक हिंदी विभाग के सहायक प्राध्यापक नरेंद्र कुमार कुलमित्र ने विद्यार्थियों की रचनात्मक सोच और सामाजिक संवेदनशीलता की सराहना की। रचनात्मकता के जरिए दिया स्वास्थ्य का संदेश कार्यक्रम के दौरान पोस्टर व नारा लेखन प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया, जिसमें विद्यार्थियों ने अपनी रचनात्मक प्रतिभा का परिचय देते हुए तंबाकू के दुष्प्रभावों को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत किया। रंगों और संदेशों से सजे पोस्टरों ने कैंसर, हृदय रोग और अन्य गंभीर बीमारियों के प्रति लोगों को सचेत करने का प्रयास किया। पोस्टर प्रतियोगिता में बीएससी द्वितीय सेमेस्टर के युवराज मरकाम ने प्रथम, बीकॉम द्वितीय सेमेस्टर के सूर्य प्रकाश ने द्वितीय तथा बीए चतुर्थ सेमेस्टर के मुकेश कुमार ने तृतीय स्थान प्राप्त किया। जागरूकता रैली में गूंजते रहे तंबाकू विरोधी संदेश जागरूकता रैली कार्यक्रम का प्रमुख आकर्षण रही। एनएसएस स्वयंसेवकों और विद्यार्थियों ने हाथों में पोस्टर और बैनर लेकर तंबाकू निषेध से जुड़े संदेश दिए। तंबाकू छोड़ो, जीवन जोड़ो, स्वस्थ जीवन का यही आधार, तंबाकू से करो इनकार जैसे नारों से पूरा परिसर गूंज उठा। रैली के माध्यम से विद्यार्थियों ने लोगों को यह संदेश दिया कि तंबाकू और निकोटिन उत्पाद केवल व्यक्ति के स्वास्थ्य को ही नहीं, बल्कि उसके परिवार और समाज को भी प्रभावित करते हैं। युवाओं ने आमजन से नशे से दूर रहने की अपील की।
सिविक एक्शन कार्यक्रम से दुर्गम गांवों में पहुंची राहत, 249 ग्रामीणों को मिली उपयोगी सामग्री
भास्कर न्यूज | बेनूर नारायणपुर जिले के अत्यंत दुर्गम और नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में तैनात आईटीबीपी 53वीं वाहिनी नक्सल विरोधी अभियानों के साथ-साथ ग्रामीणों के सामाजिक विकास और सहायता के लिए भी लगातार कार्य कर रही है। इसी कड़ी में वाहिनी के सेनानी संजय कुमार के मार्गदर्शन में विभिन्न कैंपों में सिविक एक्शन प्रोग्राम का आयोजन कर ग्रामीणों को दैनिक उपयोग की सामग्री वितरित की गई। सीओबी मोहंदी कैंप में आयोजित कार्यक्रम में मोहंदी, ओकपाड़ और गट्टाकाल गांवों के 68 ग्रामीणों को प्लास्टिक टेबल, प्लास्टिक कुर्सी, त्रिपाल, टेलीविजन और सेटटॉप बॉक्स सहित अन्य सामग्री प्रदान की गई। वहीं सीओबी कोडलियार कैंप में मिचिंगपारा, भृटपारा और निचपारा के 32 ग्रामीणों को भी आवश्यक सामग्री वितरित की गई। इसी प्रकार कोडेनार कैंप में कोडेनार और वरकूर के 48 ग्रामीणों, अडिंगपार कैंप में फरसबेड़ा, घुमरका और धूरबेड़ा के 31 ग्रामीणों तथा मड़ोड़ा कैंप में स्कूलपारा, करकापारा और बटोहर के 70 ग्रामीणों को प्लास्टिक टेबल, कुर्सी और त्रिपाल जैसी सामग्री उपलब्ध कराई गई। कुल मिलाकर विभिन्न कैंपों में आयोजित कार्यक्रमों में 249 ग्रामीणों ने भाग लिया। कार्यक्रम में बच्चों, महिलाओं और पुरुषों ने उत्साहपूर्वक हिस्सा लिया। इस अवसर पर सेनानी संजय कुमार ने ग्रामीणों को संबोधित करते हुए कहा कि आईटीबीपी केवल सुरक्षा के लिए ही नहीं, बल्कि क्षेत्र के लोगों की सेवा और सहयोग के लिए भी प्रतिबद्ध है।
तरल पहाड़ के खनन के विरोध में 7 जून को निकलेगी पदयात्रा
भास्कर न्यूज | दंतेवाड़ा दंतेवाड़ा जिले के बैलाडीला क्षेत्र में आलनार पहाड़ी पर आरती स्पंज को मिली खनन लीज के विरोध में आंदोलन तेज होने जा रहा है। गंजेनार में रविवार को हुई बैठक में पहाड़ बचाने के लिए रणनीति तय की गई। बैठक में बस्तरिया राज मोर्चा के संयोजक मनीष कुंजाम की अध्यक्षता में विमला सोरी को अध्यक्ष बनाया गया और 11 सदस्यीय कार्यकारिणी गठित की गई। बैठक में लीज निरस्त कराने के लिए पदयात्रा और प्रदर्शन की रूपरेखा बनाई गई। तय कार्यक्रम के अनुसार 7 जून को आलनार गांव से दंतेवाड़ा के लिए पदयात्रा निकलेगी, जो 11 जून को जिला मुख्यालय पहुंचेगी। वहां लीज रद्द करने की मांग को लेकर रैली और प्रदर्शन किया जाएगा। पदयात्रा आलनार से किरंदुल, बचेली और भांसी होते हुए दंतेवाड़ा पहुंचेगी। आंदोलन में बैलाडीला के पीछे बसे गांवों के लोगों को भी शामिल होने का आह्वान किया गया है। इस बीच स्थानीय आदिवासियों का एक गुट आंदोलन से अलग बताया जा रहा है। इस गुट का नेतृत्व जिला पंचायत सदस्य सोमारू और मंगल कुंजाम कर रहे हैं। उनका कहना है कि खनन हो तो शर्तों के साथ हो और खनन से लेकर परिवहन तक का काम स्थानीय लोगों को मिले। दूसरी ओर मनीष कुंजाम और सोनी सोरी सहित अन्य नेताओं ने कहा कि खनन से जल-जंगल को नुकसान होगा। ग्रामीणों ने आरोप लगाया है कि ग्राम पंचायत गुमियापाल के आश्रित ग्राम आलनार में 2014 में फर्जी ग्रामसभा के जरिए तरल मेट्टा पहाड़ी की लीज दी गई।
ओवरलोड ट्रकों से सड़क हो गई बदहाल, हादसे का बढ़ा खतरा
बेनूर| नारायणपुर-कोंडागांव मुख्य मार्ग पर ओवरलोड माइंस ट्रकों की लगातार आवाजाही के कारण सड़क की हालत खराब होती जा रही है। बेनूर बसस्टैंड से लेकर थाना परिसर तक कई स्थानों पर बड़े-बड़े गड्ढे बन गए हैं, वहीं सड़क किनारे पर भी कटाव हो गया है। इसके अलावा बस्ती क्षेत्र से गुजरने वाले ट्रकों की तेज रफ्तार लोगों के लिए परेशानी का कारण बनी हुई है। स्थानीय ग्रामीणों का कहना है कि सड़क पर बने गड्ढों और कटाव के कारण दोपहिया वाहन चालकों को सामने से आने वाले भारी वाहनों को साइड देने में काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। कई बार वाहन चालक संतुलन खो बैठते हैं, जिससे दुर्घटना की आशंका बनी रहती है। ग्रामीणों के अनुसार कई लोग इन गड्ढों में गिरकर चोटिल हो चुके हैं, जबकि कई लोग बाल-बाल बचे हैं। ग्रामीणों ने प्रशासन और सड़क निर्माण एजेंसी से मांग की है कि सड़क निर्माण कार्य के दौरान गड्ढों और कटाव वाले हिस्सों का जल्द समतलीकरण कराया जाए। उनका कहना है कि समय रहते सुधार कार्य नहीं होने पर कोई बड़ी दुर्घटना हो सकती है। राहगीरों की सुरक्षा को देखते हुए संबंधित विभाग से शीघ्र कार्रवाई की अपेक्षा की जा रही है। -राजकुमार बघेल, बेनूर
शहीद पंकज सूर्यवंशी की पुण्यतिथि पर हुई श्रद्धांजलि सभा, वीर बलिदान को किया याद
भास्कर न्यूज | नारायणपुर शहीद जवान पंकज सूर्यवंशी की पुण्यतिथि पर रविवार को शहीद पंकज सूर्यवंशी चौक, नारायणपुर में श्रद्धांजलि कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में पुलिस अधीक्षक रॉबिंसन गुड़िया सहित पुलिस विभाग के अधिकारियों और कर्मचारियों ने शहीद की प्रतिमा पर पुष्पांजलि अर्पित कर उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि दी। इस दौरान उनके अदम्य साहस, कर्तव्यनिष्ठा और राष्ट्र सेवा के लिए दिए गए सर्वोच्च बलिदान को स्मरण किया गया। शहीद पंकज सूर्यवंशी का जन्म 31 अगस्त 1992 को हुआ था। उन्होंने वर्ष 2010 में विशेष पुलिस अधिकारी (एसपीओ) के रूप में पुलिस विभाग में अपनी सेवाएं शुरू की थीं। बाद में 26 अगस्त 2011 को वे आरक्षक पद पर नियुक्त हुए। वर्ष 2012 में राजनांदगांव में प्रशिक्षण पूर्ण करने के बाद वर्ष 2013 से जिला रिजर्व गार्ड (डीआरजी) में अपनी सेवाएं दे रहे थे। एसपीओ रहते हुए भी उन्होंने डीआरजी के साथ कई नक्सल विरोधी अभियानों में सक्रिय भूमिका निभाई थी। 31 मई 2014 को छोटेटोंडेबेड़ा क्षेत्र में चलाए जा रहे नक्सल विरोधी अभियान के दौरान पुलिस दल के सदस्य के रूप में उन्होंने असाधारण साहस और वीरता का परिचय दिया। अभियान के दौरान कर्तव्य निर्वहन करते हुए वे वीरगति को प्राप्त हुए। मातृभूमि और जनसुरक्षा के लिए दिया गया उनका बलिदान आज भी पुलिस विभाग और समाज के लिए प्रेरणा का स्रोत बना हुआ है। शहीद राष्ट्र की स्मृतियों में सदैव रहते हैं श्रद्धांजलि कार्यक्रम में उपस्थित अधिकारियों और कर्मचारियों ने दो मिनट का मौन रखकर शहीद को नमन किया। इस अवसर पर पुलिस अधीक्षक रॉबिंसन गुड़िया ने कहा कि शहीद पंकज सूर्यवंशी का बलिदान पुलिस परिवार के लिए गौरव का विषय है। उनका समर्पण, साहस और राष्ट्रसेवा की भावना आने वाली पीढ़ियों को सदैव प्रेरित करती रहेगी। कार्यक्रम के अंत में नारायणपुर पुलिस ने अपने सभी शहीद जवानों के त्याग, समर्पण और बलिदान को याद करते हुए उन्हें विनम्र श्रद्धांजलि अर्पित की।
माड़ मैत्री चौपाल में आदर्श ग्राम निर्माण की दिशा में बनी योजना
भास्कर न्यूज | नारायणपुर माड़ क्षेत्र के ग्राम पदमकोट में माड़ मैत्री अभियान के तहत आयोजित माड़ मैत्री चौपाल में ग्रामीणों की समस्याएं सुनी गईं और गांव को आदर्श ग्राम के रूप में विकसित करने की दिशा में सार्थक चर्चा हुई। चौपाल का संचालन पदमकोट कैंप के सहायक कमांडेंट दिनेश एवं सहायक कमांडेंट महिपाल सिंह ने किया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में ग्रामीण, जनप्रतिनिधि और आईटीबीपी के जवान शामिल हुए। इस दौरान ग्रामीणों ने गांव की मूलभूत सुविधाओं, शिक्षा, स्वास्थ्य, सड़क और अन्य आवश्यकताओं से जुड़े मुद्दे रखे, जिन पर अधिकारियों ने गंभीरता से चर्चा करते हुए समाधान के लिए आवश्यक सुझाव दिए। चौपाल में ग्रामीणों को छत्तीसगढ़ शासन की विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी दी गई तथा पात्र हितग्राहियों को योजनाओं का अधिकतम लाभ लेने के लिए प्रेरित किया गया। इसके साथ ही नवीन आपराधिक कानूनों, नागरिक अधिकारों, साइबर अपराधों से बचाव, महिला एवं बाल सुरक्षा, पॉक्सो अधिनियम, मोटर वाहन अधिनियम, निशुल्क विधिक सहायता, राष्ट्रीय लोक अदालत तथा नालसा हेल्पलाइन संबंधी महत्वपूर्ण जानकारी भी साझा की गई। युवाओं को माड़ मित्र के रूप में समाज और सुरक्षा बलों के बीच सकारात्मक संवाद का माध्यम बनने के लिए प्रोत्साहित किया गया। साथ ही यातायात नियमों के पालन, ड्राइविंग लाइसेंस बनवाने, स्वच्छता, पर्यावरण संरक्षण, शिक्षा, स्वास्थ्य, पोषण और स्वरोजगार जैसे विषयों पर भी जागरूक किया गया। कार्यक्रम के दौरान बताया गया कि कमांडेंट बेनुधर नायक के निर्देशानुसार 41वीं वाहिनी आईटीबीपी की प्रत्येक कंपनी और कैंप एक-एक गांव को गोद लेकर उसे आदर्श ग्राम के रूप में विकसित करने की दिशा में कार्य कर रहे हैं। इसी क्रम में पदमकोट कैंप ने ग्राम पदमकोट को गोद लिया है। गांव में आधारभूत संरचना, स्वच्छता, शिक्षा और स्वास्थ्य सुविधाओं के विकास के लिए ग्रामीणों की सहभागिता से विस्तृत कार्ययोजना तैयार की जाएगी। ग्रामीणों ने माड़ मैत्री अभियान की सराहना करते हुए सुरक्षा बलों के प्रति विश्वास व्यक्त किया और ऐसे कार्यक्रमों को क्षेत्र के विकास के लिए महत्वपूर्ण बताया।
अबूझमाड़ में स्मार्ट पुलिसिंग को मिली नई मजबूती, कोहकामेटा में नया थाना भवन शुरू
नारायणपुर| अबूझमाड़ क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था और आधुनिक पुलिसिंग को नई मजबूती मिली है। छत्तीसगढ़ शासन के वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्री केदार कश्यप ने रविवार को कोहकामेटा में नव निर्मित पुलिस थाना भवन का लोकार्पण किया। इस दौरान नारायणपुर पुलिस द्वारा विकसित ई-मालखाना 2.0 सॉफ्टवेयर का भी शुभारंभ किया गया, जिससे जिले में केस प्रॉपर्टी प्रबंधन की व्यवस्था पूरी तरह डिजिटल और पारदर्शी हो गई है। लोकार्पण समारोह को संबोधित करते हुए मंत्री केदार कश्यप ने कहा कि तकनीक आधारित नवाचार शासन और प्रशासन की कार्यक्षमता बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। उन्होंने कहा कि आधुनिक सुविधाओं से युक्त नया थाना भवन न केवल पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों को बेहतर कार्य वातावरण उपलब्ध कराएगा, बल्कि क्षेत्र के लोगों को भी त्वरित एवं गुणवत्तापूर्ण पुलिस सेवाएं मिल सकेंगी। इससे कानून व्यवस्था को और अधिक प्रभावी बनाने में मदद मिलेगी। कार्यक्रम के दौरान ई-मालखाना 2.0 का शुभारंभ भी किया गया। थाना कोहकामेटा से शुरू की गई यह व्यवस्था जिले के सभी 14 थानों में लागू कर दी गई है। नई प्रणाली के तहत प्रत्येक जब्त संपत्ति और केस प्रॉपर्टी को यूनिक बारकोड आधारित डिजिटल पहचान दी जाएगी।
अबूझमाड़ से अब हटेगा अबूझ का टैग, आज आएंगे मुख्यमंत्री
दंतेवाड़ा | इंद्रावती नदी पार बसे अबूझमाड़ के लिए मंगलवार का दिन इतिहास के पन्नों में दर्ज होने जा रहा है। स्वतंत्रता के लगभग आठ दशक बाद पहली बार सरकार सीधे अबूझमाड़ के भीतर पहुंचकर ग्रामीणों से सीधा संवाद करेगी। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय क्षेत्र के चेरपाल गांव में आयोजित सुशासन चौपाल (शिविर) में शामिल होकर ग्रामीणों की समस्याएं सुनेंगे। दशकों तक नक्सल प्रभाव और दुर्गम भौगोलिक परिस्थितियों के कारण प्रशासनिक पहुंच से कटे रहे इस इलाके में मुख्यमंत्री का यह दौरा विकास की नई उम्मीद लेकर आया है। चेरपाल में आयोजित होने वाली इस चौपाल में तुमरीगुंडा, कौरगांव, पदमेटा, हांदावाड़ा, बेड़मा और कौशलनार सहित दर्जनों गांवों के ग्रामीण शामिल होंगे। मुख्यमंत्री सीधे ग्रामीणों से जुड़कर उनकी समस्याओं और जरूरतों की जानकारी लेंगे। इस चौपाल में मुख्य रूप से सड़क, शिक्षा, स्वास्थ्य, बिजली, पेयजल और राशन (पीडीएस) जैसी मूलभूत सुविधाओं से जुड़े मुद्दे प्रमुखता से उठने की संभावना है। शहीद सरपंच बोसेराम के नाम पर बना प्रवेश द्वार जिस अबूझमाड़ में मंगलवार को मुख्यमंत्री की चौपाल लगने जा रही है, उसका प्रवेश द्वार संघर्ष और बलिदान की कहानी कहता है। यहां का प्रवेश द्वार दिवंगत सरपंच बोसेराम के नाम पर बना है। ग्रामीणों के अनुसार, बोसेराम ने वर्षों पहले छिंदनार क्षेत्र में पुलिया निर्माण की मांग उठाई थी, जिसके बाद नक्सलियों ने उनकी हत्या कर दी थी। उस घटना के बाद लंबे समय तक लोग सड़क और पुल निर्माण की मांग करने से भी डरते रहे, लेकिन आज स्थितियां बदल रही हैं।
शव दफनाने को लेकर गांव में विवाद, नारायणपुर भेजा गया शव
बेनूर| ग्राम पंचायत मातला के आश्रित गांव पटेलपारा में एक वृद्ध महिला के निधन के बाद दफनाने को लेकर विवाद की स्थिति निर्मित हो गई। हालांकि पुलिस और प्रशासन की समय पर हस्तक्षेप से मामला सुलझा लिया गया। पटेलपारा निवासी 65 वर्षीय बुधाय कोर्राम लंबे समय से अस्वस्थ थीं। सोमवार को उनका निधन हो गया। मौत की खबर फैलते ही गांव के कुछ ग्रामीण मृतका के घर के पास एकत्र हो गए और गांव में शव को दफनाने का विरोध करते हुए धरने पर बैठ गए। स्थिति की जानकारी मिलते ही बेनूर पुलिस मौके पर पहुंची और हालात का जायजा लिया। बातचीत के बाद दोनों पक्षों के बीच सहमति बनी। इसके बाद मृतका के शव को अंतिम संस्कार के लिए शव वाहन के माध्यम से नारायणपुर भेजा गया। ग्रामीणों का कहना था कि संबंधित परिवार वर्षों पहले अपने पारंपरिक धर्म और रीति-रिवाजों को छोड़कर दूसरे धर्म को अपनाने चला गया था। ग्रामीणों के अनुसार पूर्व में परिवार में हुई एक मृत्यु के दौरान परिवार के सदस्यों ने दोबारा गांव की परंपराओं का पालन करने की बात कही थी, लेकिन बाद में फिर से दूसरे धर्म का अनुसरण करने लगे। इसी बात को लेकर ग्रामीणों में नाराजगी थी और वे गांव के श्मशान या दफन स्थल में अंतिम संस्कार का विरोध कर रहे थे। दूसरी ओर मृतका के परिजन गांव में ही अंतिम संस्कार कराने की मांग पर अड़े हुए थे।
सुकमा के सुदूर गोगुण्डा गांव के 10 ग्रामीणों को मिली नई रोशनी
सुकमा| कभी नक्सल खौफ और बुनियादी सुविधाओं की किल्लत के लिए पहचाने जाने वाले सुदूर गोगुण्डा गांव में अब विकास और सुशासन की नई सुबह हो चुकी है। जिला प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग की एक अनोखी मुहिम से गांव के 10 मोतियाबिंद पीड़ित ग्रामीणों की जिंदगी में नया उजाला आया है। वर्षों से धुंधली रोशनी और लाचारी का जीवन जी रहे इन ग्रामीणों का जिला चिकित्सालय सुकमा में सफल और पूरी तरह मुफ्त ऑपरेशन किया गया है। पट्टी खुलने के बाद जब ग्रामीणों की आंखों में दुनिया दोबारा साफ नजर आई, तो उनके चेहरों की खुशी देखते ही बन रही थी। इस पूरे अभियान की सबसे खास बात यह रही कि स्वास्थ्य विभाग की टीम ने मरीजों के अस्पताल आने का इंतजार नहीं किया। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व और कलेक्टर अमित कुमार के मार्गदर्शन में विभाग ने घर-घर दस्तक नीति अपनाई। स्वास्थ्य कर्मियों ने गोगुण्डा गांव के एक-एक घर जाकर सर्वे किया और मोतियाबिंद से पीड़ित बुजुर्गों व ग्रामीणों की पहचान की। शुरुआत में झिझक रहे ग्रामीणों को इलाज के लिए प्रेरित किया गया। इसके बाद प्रशासन ने विशेष वाहनों का इंतजाम कर मरीजों को सम्मानपूर्वक उनके गांव से जिला अस्पताल पहुंचाया। कभी इन इलाकों में स्वास्थ्य टीमों का पहुंचना नामुमकिन था। आज नक्सल गतिविधियों में कमी आने के बाद शासन की योजनाएं बिना किसी बाधा के अंतिम व्यक्ति तक पहुंच रही हैं। गोगुण्डा के ग्रामीणों को मिली यह नई दृष्टि सुकमा में बदलते सुशासन का सबसे बड़ा प्रमाण है। जिला अस्पताल पहुंचने के बाद सिविल सर्जन डॉ. एमआर कश्यप और नेत्र रोग विशेषज्ञ डॉ. खुशबू देवांगन के नेतृत्व में डॉक्टरों की विशेष टीम ने सभी 10 मरीजों की सफल सर्जरी की। ऑपरेशन के बाद मरीजों को डॉक्टरों की निगरानी में रखा गया। रविवार को पूरी तरह स्वस्थ होने के बाद उन्हें वापस उनके घर सुरक्षित छोड़ दिया गया। डिस्चार्ज के समय अस्पताल प्रबंधन ने मरीजों का उत्साहवर्धन करते हुए उन्हें फल वितरित किए। जनजागरूकता अभियान में बदलती जा रही पहल अस्पताल से विदा होते समय स्वास्थ्य विभाग ने ग्रामीणों और उनके परिजनों से एक खास अपील की। डॉक्टरों ने कहा कि वे अपने आसपास और रिश्तेदारों में ऐसे किसी भी व्यक्ति की जानकारी तुरंत दें जो मोतियाबिंद या आंखों की समस्या से जूझ रहा है, ताकि उन्हें भी समय पर मुफ्त इलाज दिया जा सके। प्रशासन की इस भावुक अपील के बाद अब यह मुहिम एक बड़े जनजागरूकता अभियान का रूप लेती नजर आ रही है।
स्कूल, कॉलेज व शिक्षण संस्थानों के 100 मी. के दायरे में ‘नशा’ बंद
नशामुक्त भारत अभियान को जमीनी स्तर पर मजबूत करने के लिए सोमवार को जिला स्तरीय समिति की एक महत्वपूर्ण बैठक कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में आयोजित की गई। कलेक्टर विनय कुमार लंगेह की अध्यक्षता में हुई इस बैठक में जिले को नशामुक्त बनाने के लिए एक ठोस कार्ययोजना को मंजूरी दी गई। कलेक्टर विनय कुमार लंगेह ने युवाओं को नशे की लत से बचाने के लिए कड़े कदम उठाने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने साफ तौर पर कहा जिले के सभी स्कूलों, कॉलेजों और शिक्षण संस्थानों के 100 मीटर के दायरे में सिगरेट या किसी भी तरह के मादक पदार्थों की बिक्री पर पूरी तरह प्रतिबंध रहेगा। इसका कड़ाई से पालन कराया जाएगा। मेडिकल स्टोरों या अन्य जगहों पर नशीली दवाइयों की अवैध बिक्री और उपलब्धता की खुफिया जानकारी जुटाई जाएगी और दोषियों पर सख्त कार्रवाई होगी। सभी सरकारी और निजी संस्थानों में कोटपा अधिनियम (तंबाकू नियंत्रण कानून) के नियमों का सख्ती से पालन सुनिश्चित किया जाएगा। इस बैठक में एक बड़ा और अनोखा निर्णय लिया गया है। अब स्कूल शिक्षा विभाग के सहयोग से जिले के सभी सरकारी और प्राइवेट स्कूलों में विद्यालय स्तरीय नशामुक्ति समितियों का गठन किया जाएगा। इसके तहत कक्षा 6वीं से लेकर 12वीं तक की प्रत्येक कक्षा से एक-एक छात्र को मास्टर वॉलंटियर चुना जाएगा। स्कूल के एक शिक्षक को नोडल अधिकारी की जिम्मेदारी दी जाएगी। इस पहल का मुख्य उद्देश्य बच्चों को बचपन और शुरुआती उम्र से ही नशे के भयानक दुष्परिणामों के प्रति सचेत करना है, ताकि वे अपने साथी छात्रों को भी जागरूक रख सकें। कलेक्टर ने स्वास्थ्य, शिक्षा और स्वयंसेवी संस्थाओं को आपस में तालमेल बनाकर गांवों, पंचायतों और कॉलेजों में व्यापक स्तर पर अभियान चलाने को कहा है। इसमें न सिर्फ छात्रों, बल्कि शिक्षकों और अभिभावकों को भी शामिल किया जाएगा ताकि एक स्वस्थ और नशामुक्त समाज का निर्माण हो सके। जिला पंचायत सीईओ अपर कलेक्टर सचिन भूतड़ा, रवि साहू सहित समिति के सभी सदस्य और सचिव उपस्थित रहे। स्कूलों में बनेंगे मास्टर वॉलंटियर, बच्चे करेंगे जागरूक
दुकान के पीछे चल रहा था आईपीएल सट्टा
आईपीएल क्रिकेट मैच के दौरान ऑनलाइन सट्टा खिलाने वाले एक बड़े अंतर्राज्यीय गिरोह का पर्दाफाश करने में सांकरा पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। पुलिस ने सट्टा नेटवर्क संचालित करने वाले नागपुर के मुख्य सरगना (संचालक) सहित स्थानीय स्तर पर खाईवाली करने वाले दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों के पास से लाखों रुपये के संदिग्ध लेन-देन का खुलासा हुआ है। मुखबिर से पुख्ता सूचना मिली थी कि ग्राम भगतदेवरी में नरेश निषाद की दुकान पर आईपीएल मैच के दौरान रुपयों-पैसों का दांव लगाकर ऑनलाइन सट्टा खिलाया जा रहा है। सूचना की तस्दीक के लिए पुलिस टीम ने तत्काल रेड की कार्रवाई की। मौके से आरोपी नरेश निषाद और मनोहर मांझी को रंगे हाथों पकड़ा गया। जब पुलिस ने उनके मोबाइल फोन खंगाले, तो दोनों ने अपना जुर्म कबूल कर लिया। उन्होंने बताया कि वे नागपुर के मुख्य सट्टा संचालक मधुसूदन ठाकरे से संपर्क कर ऑनलाइन सट्टा लगाते थे। ग्राहकों से हार-जीत का भुगतान स्थानीय एजेंटों और ऑनलाइन डिजिटल माध्यम फोन-पे से किया जाता था। पुलिस ने इस रैकेट से जुड़े तीन प्रमुख आरोपियों को सलाखों के पीछे भेज दिया है। इसमें नरेश निषाद (40) पिता जुनु निषाद, भगतदेवरी, मनोहर मांझी (38) पिता उत्तम मांझी नवागांव टुकड़ा, सांकरा, मधुसूदन ठाकरे (40) पिता राजेंद्र ठाकरे, जैताला, महाराष्ट्र (मुख्य संचालक) को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से भारी मात्रा में इलेक्ट्रॉनिक गैजेट्स और नगदी बरामद की है। 1 नग लैपटॉप, 10 नग महंगे स्मार्टफोन, नगदी रकम 1500 रुपये शामिल है। पकड़े गए आरोपियों के मोबाइल से ऑनलाइन सट्टे से जुड़ी वाट्सएप चैट, ट्रांजेक्शन स्क्रीनशॉट और लाखों रुपये के संदिग्ध वित्तीय लेन-देन के पुख्ता प्रमाण मिले हैं। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ छत्तीसगढ़ जुआ प्रतिषेध अधिनियम 2022 की धारा 7(1) के तहत अपराध दर्ज कर जेल भेज दिया है। पुलिस खंगाल रही है डेटा कई व खाईवाल रडार पर इस बड़ी कार्रवाई के बाद स्थानीय सटोरियों और खाईवालों में हड़कंप मच गया है। पुलिस अब पकड़े गए आरोपियों के कॉल रिकॉर्ड्स, वाट्सएप चैट और फोन-पे डेटा के आधार पर लोकल एजेंटों और संदिग्ध नंबरों की कड़ियां जोड़ रही है। पुलिस का दावा है कि नागपुर के इस नेटवर्क से जुड़े कई और बड़े चेहरों की जल्द ही गिरफ्तारी हो सकती है।
भाजपा कार्यकर्ताओं ने सुनी पीएम मोदी के ‘मन की बात'
भास्कर न्यूज | नवापारा-राजिम भारतीय जनता पार्टी के कार्यकर्ताओं एवं स्थानीय नागरिकों ने रविवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के लोकप्रिय रेडियो कार्यक्रम ‘मन की बात’ के 134वें संस्करण को सामूहिक रूप से सुना। कार्यक्रम का आयोजन नवापारा मंडल के बूथ क्रमांक 266 एवं 267 में किया गया, जहां भाजपा कार्यकर्ता एवं आम नागरिक बड़ी संख्या में उपस्थित रहे। कार्यक्रम के दौरान उपस्थित लोगों ने प्रधानमंत्री के संबोधन को ध्यानपूर्वक सुना। प्रधानमंत्री ने अपने संदेश में आत्मनिर्भर भारत, पर्यावरण संरक्षण, जनभागीदारी तथा सामाजिक जागरूकता जैसे विषयों पर विचार साझा किए। इस अवसर पर नागेंद्र वर्मा, ओम कुमारी, संजय साहू सहित अन्य भाजपा पदाधिकारी, कार्यकर्ता एवं स्थानीय नागरिक उपस्थित रहे।

