आगर मालवा जिले के सुसनेर में पैगंबर मोहम्मद साहब और उनकी पत्नी के संबंध में सोशल मीडिया पर कथित आपत्तिजनक टिप्पणी का विरोध किया गया। सोमवार दोपहर मुस्लिम समाज ने जमीयत उलमा-ए-हिन्द के बैनर तले विरोध प्रदर्शन किया। समाजजन डग रोड स्थित एसडीएम कार्यालय पहुंचे और जिला कलेक्टर के नाम ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में संबंधित महिला नाज़िया इलाही खान के खिलाफ कड़ी वैधानिक कार्रवाई की मांग की गई। समाजजनों ने कहा कि सार्वजनिक मंचों और सोशल मीडिया पर की गई इन टिप्पणियों से मुस्लिम समुदाय की धार्मिक भावनाएं आहत हुई हैं। ऐसे बयान सामाजिक सौहार्द और आपसी भाईचारे को प्रभावित करते हैं। उन्होंने प्रशासन से मामले की निष्पक्ष जांच कर कानून के अनुसार तत्काल कठोर कार्रवाई करने की मांग की, ताकि भविष्य में कोई भी व्यक्ति किसी धर्म या धार्मिक महापुरुष के संबंध में आपत्तिजनक टिप्पणी न कर सके। मुस्लिम समाज के प्रतिनिधियों ने संविधान और कानून में विश्वास व्यक्त करते हुए कहा कि वे अपनी मांग शांतिपूर्ण और लोकतांत्रिक तरीके से रख रहे हैं। ज्ञापन सौंपते समय बड़ी संख्या में मुस्लिम समाज के लोग मौजूद थे।
गोंडा के मनकापुर रेलवे स्टेशन के प्लेटफॉर्म नंबर-1 पर चार महीने पहले बनी सुरक्षा दीवार सोमवार सुबह पहली तेज बारिश में ढह गई। करीब आठ लाख रुपये की लागत से निर्मित इस दीवार के गिरने के बाद निर्माण कार्य की गुणवत्ता पर सवाल खड़े हो गए हैं। जानकारी के अनुसार, यह सुरक्षा दीवार पिछले वर्ष बारिश में क्षतिग्रस्त हो गई थी। इसके पुनर्निर्माण का ठेका रेलवे प्रशासन ने श्रीराम कंस्ट्रक्शन को दिया था। लगभग आठ लाख रुपये की लागत से तैयार हुई यह दीवार पहली ही तेज बारिश का सामना नहीं कर सकी और नींव समेत धराशायी हो गई। कार्य के निरीक्षण अधिकारी (आईओ) रणधीर मौर्य ने बताया कि निर्माण कार्य का ठेका श्रीराम कंस्ट्रक्शन के प्रोपराइटर के.पी. वर्मा को दिया गया था। उन्होंने कहा कि ठेकेदार का भुगतान अभी तक नहीं किया गया है। साथ ही उन्होंने पूरे मामले की जांच कराने के निर्देश दिए हैं। यदि जांच में निर्माण कार्य मानकों के अनुरूप नहीं पाया गया, तो संबंधित ठेकेदार के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। वहीं, ठेकेदार के.पी. वर्मा ने निर्माण में किसी भी प्रकार की लापरवाही से इनकार किया है। उनका कहना है कि दीवार का निर्माण निर्धारित मानकों और गुणवत्ता के अनुसार किया गया था। उन्होंने आरोप लगाया कि दीवार के पास प्लेटफॉर्म पर केबल बिछाने का कार्य किसी अन्य एजेंसी को दिया गया था। उस एजेंसी द्वारा नींव के समीप की गई खुदाई में बारिश का पानी भर गया, जिससे नींव कमजोर हो गई और दीवार गिर गई। उन्होंने यह भी बताया कि उनके कार्य का भुगतान अभी तक लंबित है। अब जांच रिपोर्ट से ही स्पष्ट होगा कि दीवार का गिरना निर्माण में लापरवाही का परिणाम था या दूसरी एजेंसी द्वारा की गई खुदाई के कारण नींव कमजोर होने से यह हादसा हुआ। जांच के बाद यह भी तय होगा कि कार्रवाई निर्माण करने वाले ठेकेदार पर होगी या फिर कार्य की निगरानी करने वाले रेलवे के निरीक्षण अधिकारियों की जिम्मेदारी तय की जाएगी।
बठिंडा जिले के मौड़ कलां गांव में दीवारों पर 'यहां चिट्टा बिकता है' लिखे जाने के मामले में स्वत: संज्ञान लेकर सुनवाई कर रहे पंजाब एंड हरियाणा हाईकोर्ट ने पंजाब सरकार को फटकार लगाई है। अदालत ने राज्य सरकार को 15 दिन के भीतर विस्तृत रिपोर्ट दाखिल करने का अंतिम अवसर देते हुए चेतावनी दी है कि यदि 16 जुलाई को होने वाली अगली सुनवाई तक मांगी गई जानकारी पेश नहीं की गई तो संबंधित अधिकारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। हाईकोर्ट ने राज्य सरकार से पूछा है कि मौड़ थाना क्षेत्र में एनडीपीएस एक्ट के तहत दर्ज 82 मामलों की वर्तमान स्थिति क्या है। साथ ही यह भी बताने को कहा है कि पंजाब में नशा तस्करी पर रोक लगाने और नशे के कारोबार को खत्म करने के लिए अब तक कौन-कौन से ठोस प्रशासनिक, कानूनी और नीतिगत कदम उठाए गए हैं। दीवारों पर लिखा गया था- 'यहां चिट्टा बिकता है' यह मामला पिछले साल दिसंबर में सामने आया था। बठिंडा के मौड़ कलां गांव में नशे के बढ़ते कारोबार के विरोध में ग्रामीणों ने गांव की दीवारों पर 'यहां चिट्टा बिकता है' लिख दिया था। इस घटना की खबर सामने आने के बाद पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट ने स्वत: संज्ञान लेते हुए राज्य सरकार से जवाब तलब किया था। सरकार ने अपने पहले जवाब में अदालत को बताया था कि मौड़ कलां गांव, मौड़ थाना क्षेत्र के अंतर्गत आता है। यहां पिछले एक वर्ष के दौरान एनडीपीएस एक्ट के तहत 82 एफआईआर दर्ज की गईं और 151 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। वहीं पूरे बठिंडा जिले में इसी अवधि के दौरान नशा तस्करी से जुड़े 1,673 मामले दर्ज होने की जानकारी भी दी गई थी। हाईकोर्ट ने मांगा था विस्तृत ब्यौरा इन आंकड़ों के बाद हाईकोर्ट ने पंजाब सरकार से कहा कि वह मौड़ थाना क्षेत्र में दर्ज 82 एनडीपीएस मामलों की पूरी जानकारी दे। अदालत ने पूछा कि कितने मामलों की जांच पूरी हो चुकी है, कितनों में अदालत में चालान पेश किया गया है और बाकी मामलों में अब तक क्या कार्रवाई हुई है। साथ ही सरकार से यह भी बताने को कहा कि पंजाब में नशे के कारोबार पर रोक लगाने और तस्करी रोकने के लिए अब तक कौन-कौन से ठोस कदम उठाए गए हैं। हाईकोर्ट ने कहा कि उसके पहले दिए गए आदेशों के बावजूद पंजाब सरकार अब तक पूरी रिपोर्ट नहीं दे सकी है। इस पर अदालत ने नाराजगी जताते हुए सरकार को 15 दिन के भीतर पूरी जानकारी जमा करने का आखिरी मौका दिया। कोर्ट ने साफ कहा कि 16 जुलाई को अगली सुनवाई तक यदि रिपोर्ट पेश नहीं की गई, तो संबंधित अधिकारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
सलूम्बर ग्रामीण सेवा शिविर की तैयारियों में लापरवाही बरतने पर जिला कलक्टर मुहम्मद जुनैद पी.पी. ने सख्त कार्रवाई की है। उन्होंने सार्वजनिक निर्माण विभाग (PWD) के दो अधिकारियों को कारण बताओ नोटिस जारी किए हैं। जिला कलक्टर द्वारा जारी नोटिस के अनुसार, राज्य सरकार ने ग्रामीण सेवा शिविर-2026 से पहले ग्राम पंचायत स्तर पर सड़कों के किनारे झाड़ियों की छंटाई और रोड विजिबिलिटी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए थे। अधिकारियों ने निर्धारित समय-सीमा में यह कार्य पूरा नहीं किया और उच्चाधिकारियों के निर्देशों का पालन नहीं किया। विभागीय कार्रवाई प्रस्तावित करने की चेतावनी नोटिस सार्वजनिक निर्माण विभाग, उपखंड सराड़ा के सहायक अभियंता बलवीर मीणा और कनिष्ठ अभियंता लोकेश शर्मा को जारी किए गए हैं। उन्हें स्पष्टीकरण प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए हैं, साथ ही विभागीय कार्रवाई प्रस्तावित करने की चेतावनी भी दी गई है। जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि ग्रामीण सेवा शिविरों की तैयारियों और जनहित से जुड़े कार्यों में किसी भी प्रकार की लापरवाही या निर्देशों की अवहेलना बर्दाश्त नहीं की जाएगी। दोषी अधिकारियों के विरुद्ध नियमानुसार कठोर कार्रवाई जारी रहेगी।
आगरा नगर निगम के वाहनों धड़ल्ले से डीजल फूंक रहे हैं। अनावश्यक खर्च को रोकने के लिए नगर आयुक्त संतोष कुमार वैश्य ने वर्कशॉप में डीजल के स्टॉक की अब हर घंटे रिपोर्ट तैयार करने के निर्देश दिए हैं। इतना ही नहीं, उन्होंने वर्कशॉप में पहुंचकर अपने सामने ही डिप मीटर डलवाकर डीजल का स्टॉक चेक कराया। निरीक्षण को पहुंचे नगर आयुक्त आगरा नगर निगम में अनावश्यक खर्च पर लगाम लगाने और संसाधनों के बेहतर उपयोग के लिए नगर आयुक्त संतोष कुमार वैश्य ने मैकेनिकल एंड ट्रांसपोर्ट (एमएंडटी) विभाग की कार्यप्रणाली पर सख्त रुख अपनाया है। नगर आयुक्त ने सोमवार को अधिकारियों के साथ एमएंडटी विभाग का निरीक्षण किया। इस दौरान डीजल निर्गत व्यवस्था, स्टॉक प्रबंधन और वाहनों की मरम्मत प्रक्रिया की बारीकी से जांच की गई। निरीक्षण के दौरान नगर आयुक्त के साथ अपर नगर आयुक्त शिशिर कुमार और सहायक नगरआयुक्त अशोक प्रिय गौतम भी उपस्थित थे। डीजल स्टॉक पर रहेगी पैनी नजरनिरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने यह परखा कि डीजल किस प्रक्रिया के तहत निर्गत किया जाता है, किस अधिकारी या कर्मचारी की जिम्मेदारी है और उसका रिकॉर्ड किस प्रकार रखा जा रहा है। इसके साथ ही डीजल स्टॉक रजिस्टर की जांच की गई तथा निगम के स्टोरेज में डिप डालकर उपलब्ध डीजल का भौतिक सत्यापन कराया गया। नगर आयुक्त ने स्टॉक रजिस्टर का नया प्रारूप लागू करने के निर्देश दिए हैं, ताकि डीजल की आवक-जावक और शेष स्टॉक का सटीक एवं पारदर्शी रिकॉर्ड रखा जा सके।नगर आयुक्त ने निर्देश दिए हैं कि अब डीजल स्टॉक की हर घंटे की रिपोर्ट तैयार की जाए, जिससे किसी भी प्रकार की गड़बड़ी या अनियमितता पर तत्काल नजर रखी जा सके। इसके अलावा निगम के वाहनों के खराब होने से लेकर उनकी मरम्मत पूरी होने तक की पूरी प्रक्रिया का भी परीक्षण किया गया, ताकि अनावश्यक देरी और फिजूल खर्ची पर रोक लगाई जा सके। नगर आयुक्त ने सहायक नगर आयुक्त अशोक प्रिय गौतम को निर्देशित किया है कि डीजल निर्गत व्यवस्था और वाहन मरम्मत प्रणाली में किन-किन सुधारों की आवश्यकता है, इस संबंध में विस्तृत रिपोर्ट तैयार कर प्रस्तुत करें। रिपोर्ट के आधार पर विभागीय व्यवस्था में आवश्यक बदलाव किए जाएंगे। डीजल खर्च की होगी समीक्षाजल्द ही अपर नगर आयुक्त शिशिर कुमार, एमएंडटी चीफ, सहायक नगर आयुक्त, जोनल स्वच्छता अधिकारी (जेडएसओ) एवं वाहन प्रभारियों की संयुक्त समीक्षा बैठक बुलाई जाएगी। बैठक में प्रत्येक वाहन पर हुए खर्च, डीजल की खपत, मरम्मत पर आए व्यय और नए प्रारूप में तैयार स्टॉक रजिस्टर की बिंदुवार समीक्षा होगी। जिन वाहनों पर आवश्यकता से अधिक खर्च सामने आएगा, उनके कारणों की भी जवाबदेही तय की जाएगी। नगर आयुक्त ने दी चेतावनीनगर आयुक्त संतोष कुमार वैश्य ने स्पष्ट संकेत दिए हैं कि नगर निगम के खर्च को कम करने और कार्यप्रणाली को अधिक प्रभावी बनाने के लिए किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। यदि समीक्षा में डीजल निर्गत व्यवस्था या एमएंडटी कार्यशाला में अनियमितता अथवा आवश्यकता से अधिक कार्मिक पाए जाते हैं, तो कर्मचारियों की छंटनी या पुनर्व्यवस्था जैसे कड़े निर्णय भी लिए जा सकते हैं। नगर निगम की प्राथमिकता कम खर्च में अधिक प्रभावी, पारदर्शी और जवाबदेह व्यवस्था स्थापित करना है।
उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग (UPESSC) ने सहायक आचार्य (असिस्टेंट प्रोफेसर) भर्ती के साक्षात्कार कार्यक्रम की तिथियां घोषित कर दी हैं। आयोग के अनुसार इंटरव्यू 21 जुलाई से शुरू होकर 13 अगस्त तक आयोजित होंगे। यह भर्ती विज्ञापन संख्या-51 के तहत 33 विषयों में कुल 910 पदों को भरने के लिए है। लिखित परीक्षा इसी वर्ष 18 व 19 अप्रैल 2026 को आयोजित की गई थी। परिणाम 9 जून को जारी किए गए थे। जिसमें प्रावधिक रूप से 3,155 अभ्यर्थियों को सफल घोषित किया गया है और ये सभी अब साक्षात्कार चरण में भाग लेंगे। आयोग ने बताया कि अभ्यर्थी अपने साक्षात्कार पत्र आज यानी 29 जून से आयोग की आधिकारिक वेबसाइट www.upessc.up.gov.in से डाउनलोड कर सकते हैं। वेबसाइट पर पत्र डाउनलोड करने के दिशा-निर्देश और साक्षात्कार के दौरान पालन करने योग्य अनुदेश भी उपलब्ध हैं। साक्षात्कार प्रक्रिया संबंधित न्यायालयों के आदेशों के अधीन रहेगी। इसमें उच्च न्यायालय में योजित विशेष अपील संख्या-368/2026 (हरविंदर सिंह व अन्य बनाम उत्तर प्रदेश राज्य व अन्य) का 17.04.2026 का आदेश और उच्चतम न्यायालय में योजित विशेष अनुज्ञा याचिका संख्या-23758/2026 (धीरज चंदानी एवं उत्तर प्रदेश राज्य व अन्य) का 25.05.2026 का आदेश शामिल है। आयोग ने अभ्यर्थियों से स्पष्ट निर्देशों का पालन करने, समय पर इंटरव्यू लेटर प्रिंट/डाउनलोड करने और निर्धारित तिथियों पर निर्धारित स्थल पर उपस्थित रहने का अनुरोध किया है। उम्मीदवारों को किसी भी संशोधन या अद्यतन के लिए आयोग की वेबसाइट नियमित रूप से देखने की सलाह दी गई है।
मिर्जापुर में अवैध रिवॉल्वर-कारतूस के साथ युवक गिरफ्तार:कटरा पुलिस ने आयुध अधिनियम के तहत भेजा जेल
मिर्जापुर में कटरा कोतवाली पुलिस ने एक युवक को अवैध रिवॉल्वर और जिंदा कारतूस के साथ गिरफ्तार किया है। आरोपी की पहचान रविशंकर केसरवानी के रूप में हुई है, जिसके खिलाफ आयुध अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज कर न्यायालय भेज दिया गया। पुलिस अधीक्षक अपर्णा रजत कौशिक के निर्देश पर जिले भर में अपराधियों और अवैध शस्त्र रखने वालों के खिलाफ विशेष अभियान चलाया जा रहा है। इसी क्रम में, कटरा थाना के उपनिरीक्षक राकेश सिंह अपनी टीम के साथ क्षेत्र में संदिग्ध व्यक्तियों और वाहनों की सघन चेकिंग कर रहे थे। मुखबिर से मिली सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने रतनगंज स्थित जिला कारागार के पीछे ट्रांसफार्मर के पास दबिश दी। वहां से रविशंकर केसरवानी पुत्र फूलचंद केसरवानी, निवासी रतनगंज को गुरुद्वारा के पास से गिरफ्तार किया गया। अवैध शस्त्रों के खिलाफ अभियान तलाशी के दौरान उसके कब्जे से एक अवैध .38 बोर की देशी रिवॉल्वर और एक जिंदा कारतूस बरामद हुआ। इस बरामदगी के आधार पर कटरा कोतवाली में आयुध अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया गया। पुलिस ने सभी आवश्यक कानूनी कार्रवाई पूरी करने के बाद आरोपी को न्यायालय में पेश किया, जहां से उसे न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया। पुलिस ने बताया कि अवैध शस्त्रों के खिलाफ यह अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा।
जशपुरनगर पुलिस ने सड़क दुर्घटनाओं में होने वाली मौतों को कम करने और सुरक्षित यातायात की संस्कृति विकसित करने के उद्देश्य से रविवार को जिलेभर में व्यापक सड़क सुरक्षा जनजागरूकता अभियान चलाया। डीआईजी एवं वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. लाल उमेद सिंह के निर्देश पर सभी थाना एवं चौकी क्षेत्रों में एक साथ अभियान संचालित किया गया। अभियान के दौरान बिना हेलमेट दोपहिया चलाने और बिना सीट बेल्ट चारपहिया वाहन चलाने वालों को रोककर यातायात नियमों की जानकारी दी गई। वाहन चालकों को लगभग एक घंटे तक सड़क सुरक्षा पर आधारित जागरूकता फिल्म भी दिखाई गई, जिसमें तेज रफ्तार, हेलमेट न पहनने, नशे में वाहन चलाने और लापरवाही से होने वाली दुर्घटनाओं के गंभीर परिणामों को दर्शाया गया। दिलाई गई 'सड़क सुरक्षा के सात वचन' की शपथ फिल्म प्रदर्शन के बाद सभी वाहन चालकों को सड़क सुरक्षा के सात वचन की शपथ दिलाई गई। इसमें हेलमेट पहनने, सीट बेल्ट लगाने, नशे में वाहन नहीं चलाने, निर्धारित गति सीमा का पालन करने, वाहन चलाते समय मोबाइल फोन का उपयोग नहीं करने और सभी यातायात नियमों का पालन करने का संकल्प शामिल था। कई माध्यमों से चल रहा जागरूकता अभियान जशपुर पुलिस पिछले कई दिनों से सड़क सुरक्षा को लेकर लगातार जागरूकता कार्यक्रम चला रही है। इसके तहत गांवों में जनचौपाल, बाइक रैली, वीडियो संदेश, स्कूल-कॉलेजों में कार्यक्रम और सार्वजनिक स्थलों पर विशेष अभियान आयोजित किए जा रहे हैं। पुलिस अधिकारियों ने कहा कि अभियान का उद्देश्य केवल चालान काटना नहीं, बल्कि लोगों की जान बचाना और सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाना है। जल्द चलेगा विशेष चालानी अभियान डीआईजी एवं वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. लाल उमेद सिंह ने कहा कि फिलहाल लोगों को समझाइश देकर जागरूक किया जा रहा है, लेकिन जल्द ही जिलेभर में विशेष चालानी अभियान शुरू किया जाएगा। बिना हेलमेट, बिना सीट बेल्ट वाहन चलाने वालों और अन्य यातायात नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सख्त वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि सड़क सुरक्षा औपचारिकता नहीं, बल्कि जीवन की सुरक्षा का विषय है। नियमों की लगातार अनदेखी करने वालों के खिलाफ पुलिस को कड़ी कार्रवाई करनी पड़ेगी। पुलिस की अपील जशपुर पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि वे दोपहिया वाहन चलाते समय आईएसआई मानक का हेलमेट अवश्य पहनें, चारपहिया वाहन में सीट बेल्ट लगाएं, नशे की हालत में वाहन न चलाएं और निर्धारित गति सीमा का पालन करें। पुलिस का संदेश है, “चालान का पैसा दोबारा कमाया जा सकता है, लेकिन दुर्घटना में खोया हुआ जीवन कभी वापस नहीं आता। हेलमेट आपकी पहचान नहीं, आपकी सुरक्षा है।”
देवरिया में सोमवार को उत्तर प्रदेश किसान सभा, वामपंथी दलों, आम आदमी पार्टी और राष्ट्रीय भागीदारी पार्टी (चौरसिया समाज) के कार्यकर्ताओं ने सुभाष चौक पर प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने ओमान तट के निकट होर्मुज जलडमरूमध्य में कथित अमेरिकी सैन्य कार्रवाई में तीन भारतीय नाविकों की मौत पर चिंता व्यक्त की। इसके बाद कलेक्ट्रेट पहुंचकर अपर जिलाधिकारी (एडीएम) को राष्ट्रपति के नाम संबोधित एक ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में पीड़ित परिवारों के लिए आर्थिक सहायता, सरकारी नौकरी और केंद्र सरकार से कड़ी कार्रवाई की मांग की गई। ज्ञापन में बताया गया कि इस घटना में चीफ इंजीनियर पटनाला सुरेश, इंजन फीटर शिवानंद चौरसिया और डेक कैडेट आदित्य शर्मा की मृत्यु हुई है। विभिन्न संगठनों ने इसे दुखद बताते हुए निर्दोष वाणिज्यिक नाविकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने और अंतरराष्ट्रीय कानूनों का पालन कराने की आवश्यकता पर जोर दिया। प्रदर्शनकारियों ने केंद्र सरकार से मांग की कि इस मुद्दे को अंतरराष्ट्रीय समुद्री संगठन (आईएमओ) और संयुक्त राष्ट्र जैसे वैश्विक मंचों पर मजबूती से उठाया जाए। उन्होंने अमेरिका से इस घटना पर आधिकारिक माफी मांगने और पीड़ित परिवारों को उचित मुआवजा दिलाने के लिए प्रभावी कूटनीतिक पहल करने का भी आग्रह किया। विशेष रूप से, ज्ञापन में देवरिया जिले के दिवंगत इंजन फीटर शिवानंद चौरसिया के परिवार को एक करोड़ रुपये की आर्थिक सहायता और परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी देने की मांग की गई। संगठनों ने यह भी कहा कि इस घटना के बाद मर्चेंट नेवी में कार्यरत भारतीय नाविकों और उनके परिवारों में असुरक्षा की भावना बढ़ी है, जिसके लिए भविष्य में उनकी सुरक्षा सुनिश्चित करने हेतु ठोस कदम उठाए जाने चाहिए। इस प्रदर्शन के दौरान प्रदेश सचिव आनंद प्रकाश चौरसिया, जिलाध्यक्ष कमला यादव, जिला महासचिव कलक्टर शर्मा, जिला सहसचिव कमलेश चौरसिया सहित किसान सभा, वामपंथी दलों, आम आदमी पार्टी और राष्ट्रीय भागीदारी पार्टी (चौरसिया समाज) के पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता मौजूद रहे।
महोबा में युवक की गोली लगने से मौत:24 नवंबर को होनी थी शादी, मां से खीर बनाने के लिए बोला था
महोबा में 25 वर्षीय युवक की संदिग्ध परिस्थितियों में गोली लगने से मौत हो गई। मृतक पुष्पराज सिंह अपने घर का इकलौता बेटा था, जिसकी 24 नवंबर को शादी होनी थी। इस घटना से परिवार में मातम छा गया है। पुलिस और फॉरेंसिक टीम मामले की जांच कर रही है। यह घटना महोबा के चिचारा गांव की है। बी-फार्मा की पढ़ाई पूरी कर पुष्पराज बांदा के एक निजी अस्पताल में कार्यरत था। वह रविवार शाम को ही अपने घर लौटा था। सोमवार सुबह सब कुछ सामान्य था। पुष्पराज अपनी मां को मंदिर में देवी दर्शन कराने ले गया था। मंदिर से लौटने के बाद उसने मां से खीर बनाने की जिद की। जब मां रसोई में खीर बनाने चली गईं, तो पुष्पराज अपने पिता के कमरे में चला गया। कुछ ही देर बाद कमरे से गोली चलने की तेज आवाज आई। नवंबर में होने वाली थी शादी आवाज सुनकर मां भागकर कमरे में पहुंचीं, तो उन्होंने देखा कि पुष्पराज खून से लथपथ जमीन पर पड़ा था और उसकी मौके पर ही मौत हो चुकी थी। परिजन आनन-फानन में उसे जिला अस्पताल ले गए, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। इस हादसे ने हंसते-खेलते परिवार को पूरी तरह तोड़ दिया है। इसी साल 19 अप्रैल को पुष्पराज की सगाई हुई थी और आगामी 24 नवंबर को हमीरपुर बारात जानी थी। शादी से पहले ही यह दुखद घटना घट गई। मृतक के चाचा वीर सिंह ने बताया कि घर में कोई विवाद या मानसिक तनाव नहीं था। उन्होंने आशंका जताई कि पुष्पराज राइफल साफ कर रहा होगा और धोखे से गोली चल गई होगी। हालांकि, खन्ना थाना प्रभारी निरीक्षक के अनुसार, प्रथम दृष्टया यह मामला आत्महत्या का प्रतीत हो रहा है। पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराकर परिजनों को सौंप दिया है और पिता की लाइसेंसी बंदूक को अपने कब्ज़े में ले लिया है। अब फॉरेंसिक जांच और पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही स्पष्ट हो पाएगा कि यह घटना हादसा था या आत्महत्या।
जबलपुर से 30 किलोमीटर दूर मझौली में एक गर्भवती महिला के साथ उसके ही परिवार के लोगों द्वारा कथित तौर पर बेरहमी से मारपीट किए जाने का मामला सामने आया है। महिला का आरोप है कि इस हमले में उसे गंभीर चोटें आईं और उसके गर्भ में पल रहे शिशु की भी मौत हो गई। पीड़िता ने आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग को लेकर जबलपुर एसपी कार्यालय में शिकायत की है। बताया जा रहा है कि जमीनी विवाद के चलते सरेराह गर्भवती महिला के साथ मारपीट की गई। जमीन विवाद को लेकर रिश्तेदारों ने की मारपीट जानकारी के मुताबिक, मझौली थाना क्षेत्र में जमीनी विवाद को लेकर एक महिला के साथ उसके ही रिश्तेदारों ने बेरहमी से मारपीट की। पीड़ित महिला ने पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुंचकर न्याय की गुहार लगाई है। महिला का आरोप है कि आपसी विवाद के दौरान उसकी मामी ने उसके हाथ पकड़ लिए और उनके बेटे दुर्गेश साहू ने पेट पर लात मार दी। इस बर्बरता के कारण उसके गर्भ में पल रहे मासूम बच्चे की मौत हो गई। गंभीर हालत में महिला को जबलपुर मेडिकल कॉलेज में करीब एक सप्ताह तक भर्ती रखा गया, जहां उसका इलाज चला। गर्भ में पल रहे बच्चे की मौत हो गई पीड़िता के पति ने बताया कि लंबे समय से मामा के परिवार के साथ जमीनी विवाद चल रहा था। तीन दिन पहले फिर से जमीन को लेकर मामा से विवाद हो गया था। धक्का-मुक्की के दौरान मामा गिर गए और नल का पाइप लगने से उन्हें चोट लग गई। इसके बाद अतुल साहू उन्हें इलाज के लिए जबलपुर ले आया। कुछ ही देर बाद अतुल के पास उसकी पत्नी ज्योति का फोन आया। उसने बताया कि मामी और उनका बेटा दुर्गेश उसके साथ मारपीट कर रहे हैं और पेट में लात भी मारी है। यह सुनते ही अतुल तुरंत घर पहुंचा, जहां उसकी पत्नी जमीन पर पड़ी तड़प रही थी। वह उसे इलाज के लिए अस्पताल ले गया। आरोप है कि मारपीट के कारण गर्भ में पल रहे बच्चे की मौत हो गई। बारीकी से जांच के दिए निर्देश एएसपी अंजू बेनीवाल का कहना है कि मझौली थाने में घटना के संबंध में प्राथमिकी (FIR) पहले ही दर्ज की जा चुकी है और पीड़िता का मेडिकल परीक्षण भी कराया है। पूरा मामला अभी जांच के अधीन है। अधिकारियों को मामले की बारीकी से जांच करने के निर्देश दिए हैं। मेडिकल रिपोर्ट और जांच में सामने आने वाले साक्ष्यों के आधार पर दोषियों के खिलाफ जल्द ही कड़ी वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।
जालेउ में लगी भीषण आग, 220 पाइप जले:सालासर बालाजी के दर्शन को गया हुआ था परिवार
चूरू जिले के रतनगढ़ थाना क्षेत्र के जालेउ गांव में सोमवार दोपहर एक ढाणी में बिजली के शॉर्ट सर्किट से भीषण आग लग गई। इस घटना में किसान को लाखों रुपए का नुकसान हुआ है।जालेउ निवासी बोमाराम माली अपने परिवार के साथ गांव के पास ही खेत में बनी ढाणी में रहते हैं। घटना के समय, बोमाराम अपने परिवार सहित सालासर बालाजी के दर्शन करने गए हुए थे। दोपहर करीब डेढ़ बजे बिजली के शॉर्ट सर्किट के कारण ढाणी के पास रखे सिंचाई पाइपों में आग लग गई, जिसने देखते ही देखते विकराल रूप ले लिया। आग की चपेट में आने से सिंचाई के 220 पाइप और एक छप्पर पूरी तरह जलकर राख हो गए। इसके अलावा एक पक्का मकान भी टूट गया और अन्य घरेलू सामान भी जलकर नष्ट हो गया। आग लगने की सूचना पर मौके पर ग्रामीणों की भीड़ जमा हो गई। ग्रामीणों ने रतनगढ़ नगरपालिका को घटना की जानकारी दी। सूचना मिलने के बाद पहुंची दमकल की टीम ने कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया, लेकिन तब तक काफी नुकसान हो चुका था।
कानपुर देहात में उपज बढ़ाने की पाठशाला:किसानों को संतुलित उर्वरक और मृदा परीक्षण की जानकारी मिली
कानपुर देहात में कृभको ने किसानों के लिए एक सभा का आयोजन किया। इस दौरान किसानों को वैज्ञानिक खेती, संतुलित उर्वरकों के उपयोग और मृदा परीक्षण के महत्व के बारे में जानकारी दी गई, ताकि वे बेहतर उत्पादन प्राप्त कर सकें। यह किसान सभा कानपुर देहात के अकबरपुर ब्लॉक स्थित पीएमकेएसके मुरीदपुर में आयोजित की गई थी। कार्यक्रम में सहायक विकास अधिकारी कृषि आशीष यादव मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। इसमें क्षेत्र के प्रगतिशील किसानों सहित कुल 49 किसानों ने भाग लिया। कृभको के विशेषज्ञों ने किसानों को वैज्ञानिक तरीकों से खेती करने और उर्वरकों का संतुलित मात्रा में उपयोग करने की सलाह दी। उन्होंने बताया कि मिट्टी की जांच कराए बिना अत्यधिक रासायनिक उर्वरकों का प्रयोग खेत की उर्वरता को नुकसान पहुंचा सकता है। इसलिए, मृदा परीक्षण के आधार पर ही उर्वरकों का उपयोग करना चाहिए। सभा में किसानों को कृभको द्वारा प्रदान की जा रही निःशुल्क मृदा परीक्षण सुविधा के बारे में भी बताया गया। साथ ही, संतुलित खाद अपनाएं, धरती मां को बचाएं अभियान के तहत मृदा स्वास्थ्य कार्ड, सूक्ष्म पोषक तत्वों की आवश्यकता और मिट्टी की गुणवत्ता बनाए रखने के उपायों पर विस्तृत चर्चा की गई। क्षेत्रीय प्रतिनिधि रमणीक दुबे ने किसानों से उच्च गुणवत्ता वाले बीज अपनाने और संतुलित उर्वरकों का प्रयोग करने का आग्रह किया। कार्यक्रम के अंत में केंद्र प्रभारी दीप नारायण ने सभी अतिथियों और किसानों का आभार व्यक्त किया। कृभको का लक्ष्य ऐसे कार्यक्रमों के माध्यम से किसानों को वैज्ञानिक खेती अपनाने के लिए प्रेरित करना है, जिससे उत्पादन बढ़ने के साथ-साथ मिट्टी का स्वास्थ्य भी सुरक्षित रहे।
आम कबीर पंथी वैष्णव समाज नवयुवक मंडल पाली की और से सोमवार को कबीर जयंती महोत्सव के सुबह गाजे-बाजे के साथ शहर में संत कबीर की शोभायात्रा निकाली गई। जिसमें झांकियों के जरिए वैष्णव समाज ने बेटा-बेटी में भेद नहीं करने, बेटी पढ़ाओ, बेटी बचाओ और पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया। इससे पहले सुबह इन्द्रा कॉलोनी रोड स्थित कबीर द्वारे से गाजे-बाजे के साथ शोभायात्रा रवाना हुई। पूरे रास्ते जोश से लबरेज युवा डांस करते हुए चल रहे थे। आकर्षक ड्रेस में सजे समाज के महिला-पुरुष संत कबीर के जैकारे लगाते हुए चल रहे थे। शोभायात्रा कबीर द्वारे से रवाना होकर लोढा स्कूल रोड, सूरजपोल, सोमनाथ मंदिर, सर्राफा बाजार, पानी दरवाजा, भैरूघाट, गांधी मूर्ति, आदर्श नगर, नहर पुलिया होते हुए इंद्रा कॉलोनी रोड स्थित कबीर द्वारे पहुंच सम्पन्न हुई। इससे पहले रविवार शाम को भक्ति संध्या का आयोजन किया गया। जिसमें भजन गायकों ने संत कबीर की स्तुति में मनमोहक भजनों की प्रस्तुति दी। प्रतिभाओं और भामाशाहों का किया सम्मान आम कबीर पंथी वैष्णव समाज नवयुवक मंडल पाली के प्रवक्ता एडवोकेट परमेश्वर वैष्णव ने बताया कि यहां आयोजित सम्मान समारोह में 8वीं, 10वीं और 12वीं के प्रतिभावान स्टूडेंट को सम्मानित किया गया। इसके साथ ही समाज के भामाशाहों को भी सम्मानित किया गया। उसके बाद महाप्रसादी का आयोजन किया गया। पूरे प्रोग्राम में बड़ी संख्या में समाज के लोगों ने भाग लिया। व्यवस्थाओं में जुटे समाजबंधु कार्यक्रम के दौरान आम कबीर पंथी वैष्णव समाज नवयुवक मंडल पाली के अध्यक्ष राजवर्धन वैष्णव, अर्जुन दास वैष्णव, संजय वैष्णव, पवन दास वैष्णव, टीकम दास, एडवोकेट लक्ष्मी नारायण वैष्णव, एडवोकेट चंद्र प्रकाश वैष्णव, पूनम दास वैष्णव, ताराचंद वैष्णव, नितेश वैष्णव, गजेंद्र वैष्णव, भारत भूषण वैष्णव, नितेश वैष्णव, आनंद वैष्णव आदि का सहयोग रहा।
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने सोमवार शाम 4 बजे शाजापुर जिले के देहरीपाल-धतरावदा में बने 450 मेगावाट क्षमता वाले सोलर पार्क का उद्घाटन किया। मुख्यमंत्री ने नीमच जिले में हुए एक कार्यक्रम से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग (वर्चुअल) के जरिए इस सोलर पार्क को चालू किया और जनता को सौंप दिया। शाजापुर में इस उद्घाटन कार्यक्रम को लाइव देखने के लिए जिला प्रशासन ने सोलर पार्क परिसर में ही बड़ी एलईडी स्क्रीन लगाई थी। वहां मौजूद सरकारी अधिकारियों, कर्मचारियों और विभाग के लोगों ने मुख्यमंत्री का भाषण और उद्घाटन का पूरा कार्यक्रम लाइव देखा। सोलर पार्क से जुड़ी खास बातें यह नया सोलर पार्क मध्य प्रदेश की बड़ी बिजली परियोजनाओं में से एक है। कुल क्षमता: 450 मेगावाट सालभर में कितनी बिजली बनेगी: करीब 90 से 100 करोड़ यूनिट कितने घरों को फायदा: करीब 7 से 9 लाख घरों की सालभर की जरूरत के बराबर बिजली बनेगी। कितने गांवों को फायदा: लगभग 2,000 से 3,000 गांवों की घरेलू जरूरत के बराबर बिजली बनाने की क्षमता। कोयले पर निर्भरता घटेगी, पर्यावरण को होगा फायदा मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने अपने भाषण में कहा कि सरकार अब ऐसी ऊर्जा (रिन्यूएबल एनर्जी) पर बहुत तेजी से काम कर रही है जो कभी खत्म नहीं होती। उन्होंने सोलर प्रोजेक्ट्स को बिजली के मामले में आत्मनिर्भर बनने की दिशा में एक बड़ा कदम बताया। अफसरों ने जानकारी दी कि शाजापुर का यह सोलर पार्क प्रदेश के लिए एक बड़ी कामयाबी है, जिससे आने वाले समय में इलाके का विकास होगा और लोगों को रोजगार के नए मौके मिलेंगे। इस प्रोजेक्ट के बड़े फायदे इससे साफ-सुथरी और हरी (हरित) ऊर्जा को बढ़ावा मिलेगा। बिजली बनाने के लिए कोयले पर निर्भरता कम होगी। प्रदूषण (कार्बन उत्सर्जन) कम होगा, जिससे पर्यावरण सुरक्षित रहेगा। मध्य प्रदेश की बिजली व्यवस्था को और ज्यादा मजबूती मिलेगी। ऊर्जा के क्षेत्र में आत्मनिर्भर बनेगा मध्य प्रदेश: मुख्यमंत्री मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने अपने संबोधन में कहा कि प्रदेश सरकार रिन्यूएबल एनर्जी के क्षेत्र में बहुत तेजी से काम कर रही है। उन्होंने इन सोलर परियोजनाओं को ऊर्जा के क्षेत्र में आत्मनिर्भर बनने की दिशा में एक बड़ा कदम बताया। अधिकारियों ने जानकारी दी कि शाजापुर का यह सोलर पार्क प्रदेश के लिए एक नई उपलब्धि है, जिससे आने वाले समय में इलाके के विकास और रोजगार के नए अवसरों को भी रफ्तार मिलेगी।
हरदोई में जिलाधिकारी अनुनय झा ने सोमवार को विवेकानंद सभागार में विकास एवं राजस्व कार्यों से संबंधित विभागों की समीक्षा बैठक की। इस दौरान सीएम डैशबोर्ड पर प्रगति की भी समीक्षा की गई। जिलाधिकारी ने अधिकारियों को सीएम डैशबोर्ड की रैंकिंग सुधारने के लिए प्रभावी प्रयास करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि विभागीय पोर्टलों पर सभी सूचनाओं की समयबद्ध और शत-प्रतिशत फीडिंग सुनिश्चित की जाए, जिससे जनपद की रैंकिंग बेहतर हो सके। झा ने जनपद में चल रहे निर्माण कार्यों की भी समीक्षा की। उन्होंने कार्यदायी संस्थाओं को निर्देश दिए कि सभी निर्माण कार्य निर्धारित समय सीमा और उच्च गुणवत्ता के साथ पूरे किए जाएं। साथ ही, विद्युत सुरक्षा और अग्नि सुरक्षा मानकों का अनिवार्य रूप से पालन सुनिश्चित किया जाए। जिलाधिकारी ने पूर्ण हो चुके निर्माण कार्यों को संबंधित विभागों को समय पर हैंडओवर कराने के निर्देश दिए, ताकि उनका उपयोग शीघ्र शुरू हो सके। उन्होंने अधिकारियों को योजनाओं के क्रियान्वयन में लापरवाही न बरतने और नियमित समीक्षा कर कार्यों को गति देने के लिए भी कहा। बैठक में मुख्य विकास अधिकारी नेहा व्याडवाल, अपर जिलाधिकारी दीपाली भार्गव और नगर मजिस्ट्रेट संजय कुमार सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे। अधिकारियों ने अपनी प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत की, जिसके बाद जिलाधिकारी ने आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। बैठक का मुख्य उद्देश्य विकास योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन, राजस्व कार्यों में तेजी लाना और सीएम डैशबोर्ड पर जनपद के प्रदर्शन को बेहतर बनाना था।
सिद्धार्थनगर में पीएम स्वनिधि के 6 वर्ष पूरे:स्वनिधि महोत्सव, स्ट्रीट वेंडरों को ऋण पत्र बांटे
सिद्धार्थनगर में प्रधानमंत्री स्वनिधि (पीएम स्वनिधि) योजना के छह वर्ष पूरे होने पर सोमवार को स्वनिधि महोत्सव आयोजित किया गया। नगर पालिका परिषद सिद्धार्थनगर में हुए इस कार्यक्रम में बड़ी संख्या में स्ट्रीट वेंडरों, अधिकारियों और कर्मचारियों ने भाग लिया। महोत्सव के दौरान पात्र लाभार्थियों को ऋण स्वीकृति पत्र और चेक वितरित किए गए, साथ ही छोटे व्यापारियों को योजना के प्रति जागरूक भी किया गया। अधिकारियों ने बताया कि पीएम स्वनिधि योजना छोटे व्यापारियों के आर्थिक सशक्तिकरण के लिए केंद्र सरकार की एक महत्वपूर्ण पहल है। इस योजना ने कोरोना महामारी के बाद प्रभावित हुए लाखों स्ट्रीट वेंडरों को अपना व्यवसाय फिर से स्थापित करने और आगे बढ़ाने में मदद की है। यह योजना स्वरोजगार को बढ़ावा देने के साथ-साथ छोटे व्यापारियों को औपचारिक बैंकिंग प्रणाली से भी जोड़ रही है। अधिकारियों ने लाभार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि योजना का मुख्य उद्देश्य केवल ऋण प्रदान करना नहीं, बल्कि स्ट्रीट वेंडरों को आत्मनिर्भर बनाना है। उन्होंने लाभार्थियों से अन्य सरकारी योजनाओं का लाभ उठाने, डिजिटल लेनदेन अपनाने और अपने व्यवसाय को बढ़ाने का आग्रह किया। इसके अतिरिक्त, नगर को स्वच्छ और सुंदर बनाए रखने के लिए कूड़ा निर्धारित स्थानों पर डालने और जल संरक्षण में सक्रिय भागीदारी निभाने की अपील भी की गई। अधिशासी अधिकारी अजय कुमार सिंह ने जानकारी दी कि पीएम स्वनिधि योजना के तहत समय पर ऋण चुकाने वाले लाभार्थियों को चरणबद्ध तरीके से अधिक राशि का ऋण उपलब्ध कराया जाता है। उन्होंने बताया कि नियमित भुगतान करने वाले स्ट्रीट वेंडरों को पहले चरण में 15 हजार रुपये, दूसरे चरण में 25 हजार रुपये और तीसरे चरण में 50 हजार रुपये तक का ऋण दिया जाता है। यह प्रावधान छोटे व्यापारियों को अपने कारोबार का विस्तार करने और आय बढ़ाने में सहायता करता है। उन्होंने कहा कि लाभार्थियों द्वारा समय पर ऋण अदायगी किए जाने से उनकी बैंकिंग साख मजबूत होती है, जिससे भविष्य में उन्हें अन्य वित्तीय सुविधाएं प्राप्त करने में भी आसानी होती है। उन्होंने सभी लाभार्थियों से समयबद्ध तरीके से ऋण चुकाने तथा डिजिटल भुगतान को अधिक से अधिक अपनाने का आग्रह किया।स्वनिधि महोत्सव के दौरान ऋण वितरण कार्यक्रम के साथ डिजिटल भुगतान, वित्तीय साक्षरता एवं सरकारी योजनाओं की जानकारी से संबंधित जागरूकता कार्यक्रम भी आयोजित किए गए। उपस्थित स्ट्रीट वेंडरों को ऑनलाइन भुगतान प्रणाली, यूपीआई लेनदेन, बैंकिंग सेवाओं तथा वित्तीय प्रबंधन के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई। अधिकारियों ने बताया कि डिजिटल लेनदेन को बढ़ावा देने से व्यापारियों को पारदर्शी एवं सुरक्षित भुगतान व्यवस्था का लाभ मिलता है। महोत्सव में उत्कृष्ट कार्य करने वाले स्ट्रीट वेंडरों को सम्मानित भी किया गया। इस दौरान ऐसे लाभार्थियों को विशेष रूप से प्रोत्साहित किया गया जिन्होंने समय पर ऋण अदायगी कर योजना के उद्देश्यों को सफल बनाने में योगदान दिया है। कार्यक्रम में उपस्थित लाभार्थियों ने भी योजना से प्राप्त लाभों को साझा करते हुए बताया कि ऋण सहायता मिलने से उनके व्यवसाय को नई गति मिली है और उनकी आर्थिक स्थिति में सुधार हुआ है। कार्यक्रम में शहर मिशन प्रबंधक रामसजीवन, सामुदायिक आयोजक विकास कुमार चौरसिया, नगर पालिका के सभासदगण सहित अन्य अधिकारी एवं कर्मचारी मौजूद रहे। सभी ने स्ट्रीट वेंडरों को योजना का अधिकतम लाभ लेने, स्वच्छता बनाए रखने, जल संरक्षण को बढ़ावा देने तथा डिजिटल भुगतान को अपनाकर आत्मनिर्भर भारत के निर्माण में अपनी सहभागिता सुनिश्चित करने का संदेश दिया। पीएम स्वनिधि योजना के छह वर्ष पूरे होने पर आयोजित यह महोत्सव छोटे व्यापारियों के लिए जागरूकता, सम्मान और आर्थिक सशक्तिकरण का मंच बनकर उभरा।
करनाल जिले के असंध में दो मिष्ठान भंडार संचालकों को धमकी मिलने का मामला सामने आया है। सूत्रों की माने तो कॉल करने वाले ने फिरौती की मांग की और रकम न देने पर जान से मारने की चेतावनी दी। घटना के बाद इलाके में हड़कंप मच गया, जबकि पुलिस तुरंत अलर्ट हो गई और जांच शुरू कर दी। पुलिस अधिकारियों ने दुकानदारों को भरोसा दिलाया है कि सुरक्षा के पूरे इंतजाम हैं और घबराने की जरूरत नहीं है। कॉल की लोकेशन और नंबर खंगाल रही पुलिसपुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, दोनों व्यापारियों को किसी अज्ञात नंबर से कॉल आई थी। अब पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि कॉल विदेशी नंबर से की गई है या फिर किसी स्थानीय नंबर का इस्तेमाल हुआ है। तकनीकी टीम कॉल डिटेल्स खंगाल रही है और संदिग्ध लोगों पर नजर रखी जा रही है। कोई फिरौती मांगी गई है या नहीं? अगर मांगी गई है तो कितनी फिरौती मांगी गई है और किन-किन दुकानदारों को धमकी मिली है, इसको लेकर पुलिस कुछ भी खुलासा नहीं कर रही है। डीएसपी गोरखपाल राणा ने दिया भरोसाडीएसपी असंध गोरखपाल राणा ने कहा कि मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है। उन्होंने व्यापारियों और आम लोगों से अपील की है कि किसी भी तरह की अफवाहों से बचें और डरने की जरूरत नहीं है। पुलिस हर समय जनता की सुरक्षा के लिए मौजूद है और किसी भी संदिग्ध गतिविधि पर तुरंत कार्रवाई की जाएगी। दुकानों में सीसीटीवी लगाने की अपीलपुलिस ने दुकानदारों को अपनी सुरक्षा के लिए दुकान में सीसीटीवी कैमरे लगवाने की सलाह दी है। इससे किसी भी घटना का रिकॉर्ड मिल सकेगा और जांच में मदद मिलेगी। साथ ही पुलिस ने कहा कि सरकारी मोबाइल नंबरों के अलावा अधिकारियों के निजी नंबर भी लोगों के पास उपलब्ध हैं। संदिग्ध गतिविधि दिखे तो तुरंत सूचना देंडीएसपी ने स्पष्ट किया कि अगर किसी को कोई संदिग्ध गतिविधि दिखाई दे या कोई धमकी भरा कॉल आए तो तुरंत पुलिस को सूचना दें। सूचना मिलते ही पुलिस टीम तुरंत मौके पर पहुंचकर कार्रवाई करेगी। फिलहाल पुलिस पूरे मामले पर नजर बनाए हुए है और आरोपियों तक पहुंचने के प्रयास जारी हैं।
विश्व प्रसिद्ध हस्तनिर्मित कालीन उद्योग के लिए पहचान रखने वाला मिर्जापुर अब औद्योगिक विकास की दिशा में एक और बड़ा कदम बढ़ाने जा रहा है। प्रदेश सरकार ने जिले में दो निजी औद्योगिक पार्कों के विकास को मंजूरी दे दी है। इन परियोजनाओं को गति देने के लिए एक प्रतिशत साधारण ब्याज दर पर करोड़ों रुपये का ऋण भी स्वीकृत किया गया है। इससे जिले में निवेश बढ़ने, नए उद्योग स्थापित होने और स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर सृजित होने की उम्मीद है। जिला उद्योग प्रोत्साहन एवं उद्यमिता विकास केंद्र के उपायुक्त संदीप कुमार ने बताया कि सदर तहसील के टांगा गांव में 11.014 एकड़ भूमि पर मेसर्स विंध्य इंडस्ट्रियल प्लेज पार्क द्वारा निजी औद्योगिक पार्क विकसित किया जाएगा। वहीं, मड़िहान तहसील के देवरीकलां गांव में 12.031 एकड़ भूमि पर प्रताप चेरिटेबल ट्रस्ट की ओर से दूसरा निजी औद्योगिक पार्क स्थापित किया जाएगा। उन्होंने बताया कि दोनों परियोजनाओं के शीघ्र क्रियान्वयन के लिए शासन ने वित्तीय सहायता प्रदान की है। विंध्य इंडस्ट्रियल प्लेज पार्क को 5.50 करोड़ रुपये तथा प्रताप चेरिटेबल ट्रस्ट को 6.01 करोड़ रुपये का ऋण मात्र एक प्रतिशत साधारण ब्याज दर पर स्वीकृत किया गया है। इससे दोनों परियोजनाओं का निर्माण कार्य जल्द शुरू होने की संभावना है। उपायुक्त के अनुसार, टांगा औद्योगिक पार्क में 21 और देवरीकलां औद्योगिक पार्क में 40 औद्योगिक भूखंड विकसित किए जाएंगे। इन पार्कों में विनिर्माण (मैन्युफैक्चरिंग) इकाइयों के अलावा बिजनेस एवं शॉपिंग सेंटर, इन्क्यूबेशन सेंटर, स्वास्थ्य सेवाएं तथा संचार सुविधाएं भी उपलब्ध कराई जाएंगी। साथ ही पार्कों का विकास पर्यावरणीय मानकों के अनुरूप किया जाएगा। संदीप कुमार ने बताया कि प्रदेश सरकार की नई औद्योगिक नीति के तहत नियमों में किए गए संशोधनों से निजी औद्योगिक पार्कों की स्थापना पहले की तुलना में अधिक सरल हो गई है। अब सात मीटर चौड़ी सड़क के किनारे भी औद्योगिक इकाइयों की स्थापना की अनुमति दी गई है। विशेषज्ञों का मानना है कि इन परियोजनाओं से मिर्जापुर की औद्योगिक पहचान और मजबूत होगी। साथ ही निवेश को बढ़ावा मिलने, नए उद्योग स्थापित होने और जिले की अर्थव्यवस्था को नई गति मिलने के साथ स्थानीय युवाओं के लिए बड़े पैमाने पर रोजगार के अवसर उपलब्ध होंगे।
कानपुर देहात में दानवीर भामाशाह जयंती के अवसर पर राज्य कर विभाग ने 'व्यापारी कल्याण दिवस' का आयोजन किया। इस दौरान जिले के सर्वाधिक कर योगदान देने वाले प्रमुख व्यापारियों और व्यापारिक संगठनों के प्रतिनिधियों को सम्मानित किया गया। कार्यक्रम में करों के समय पर भुगतान और पारदर्शी व्यापार व्यवस्था को बढ़ावा देने का संदेश दिया गया। यह कार्यक्रम अकबरपुर तहसील स्थित एपीजे अब्दुल कलाम सभागार में आयोजित किया गया। इसकी अध्यक्षता जिलाधिकारी कपिल सिंह ने की, जबकि प्रदेश सरकार की राज्य मंत्री प्रतिभा शुक्ला मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहीं। समारोह में कानपुर देहात जनपद के विभिन्न श्रेणियों के दस प्रमुख करदाताओं को सम्मानित किया गया, जिन्होंने सर्वाधिक कर योगदान दिया था। व्यापार मंडलों के पदाधिकारियों और टैक्स बार एसोसिएशन के प्रतिनिधियों को भी उनके महत्वपूर्ण योगदान के लिए सम्मानित किया गया। मुख्य अतिथि राज्यमंत्री प्रतिभा शुक्ला ने दानवीर भामाशाह के जीवन से प्रेरणा लेने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि समाज और राष्ट्र निर्माण में व्यापारियों की महत्वपूर्ण भूमिका है। मंत्री ने व्यापारियों से करों का समय पर भुगतान करने, उपभोक्ताओं के अधिकारों का सम्मान करने और पारदर्शी व्यापार व्यवस्था को मजबूत बनाने की अपील की। जिलाधिकारी कपिल सिंह ने व्यापारियों को शासन की विभिन्न व्यापारी हितैषी योजनाओं से अवगत कराया और प्रशासन की ओर से हर संभव सहयोग का आश्वासन दिया। इस अवसर पर राज्य कर विभाग के वरिष्ठ अधिकारी, प्रशासनिक अधिकारी, अधिवक्ता और बड़ी संख्या में व्यापारी उपस्थित थे। समारोह का मुख्य उद्देश्य ईमानदार करदाताओं का सम्मान कर अन्य व्यापारियों को भी कर अनुपालन के लिए प्रेरित करना था।
जैन समाज और भारतीय जैन मिलन के पदाधिकारियों ने पूर्व केंद्रीय मंत्री मेनका गांधी के बयान का विरोध किया है। सोमवार को उन्होंने राष्ट्रपति और प्रधानमंत्री के नाम संबोधित एक ज्ञापन जिलाधिकारी (डीएम) के माध्यम से सौंपा। ज्ञापन में मेनका गांधी के खिलाफ धार्मिक भावनाएं आहत करने और समाज में वैमनस्य फैलाने के आरोप में आपराधिक मुकदमा दर्ज करने की मांग की गई है। हाल ही में मेनका गांधी ने एक बयान में आरोप लगाया था कि जैन दिगंबर संतों द्वारा उपयोग की जाने वाली पिच्छिका के निर्माण के लिए बड़ी संख्या में मोरों की हत्या की जाती है। जैन समाज ने इस आरोप को पूरी तरह झूठा, तथ्यहीन और भ्रामक बताया है। समाज का कहना है कि इस बयान से उनकी धार्मिक भावनाएं आहत हुई हैं। ज्ञापन में स्पष्ट किया गया है कि जैन धर्म का मूल सिद्धांत अहिंसा है और जैन संत सूक्ष्म से सूक्ष्म जीव की रक्षा का ध्यान रखते हैं। पिच्छिका के निर्माण में किसी भी मोर की हत्या नहीं की जाती, बल्कि प्राकृतिक रूप से झड़ने वाले मोरपंखों का ही उपयोग किया जाता है। जैन समाज ने आरोप लगाया कि धार्मिक प्रतीकों पर इस प्रकार के आरोप समाज में वैमनस्य फैलाने का प्रयास हैं। उन्होंने मांग की है कि मेनका गांधी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर कानूनी कार्रवाई की जाए। ज्ञापन में यह भी उल्लेख किया गया है कि जैन समाज देश के विकास, अर्थव्यवस्था और समाज सेवा में महत्वपूर्ण योगदान देता है। समाज ने केंद्र सरकार से इस मामले का संज्ञान लेकर त्वरित और न्यायोचित कार्रवाई सुनिश्चित करने की मांग की है।
अंबेडकरनगर में भाजपा के अवध क्षेत्र अध्यक्ष अवधेश द्विवेदी सोमवार को पहली बार अंबेडकरनगर पहुंचे। इस दौरान पार्टी कार्यकर्ताओं और नेताओं ने विभिन्न स्थानों पर फूल-मालाओं से उनका जोरदार स्वागत किया। पत्रकारों से बातचीत में उन्होंने समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव पर निशाना साधते हुए उनकी राजनीति पर सवाल उठाए। अवधेश द्विवेदी ने कहा कि अखिलेश यादव केवल एसी कमरों में बैठकर सोशल मीडिया पर ट्वीट के जरिए विपक्ष की राजनीति कर रहे हैं। इसके विपरीत भारतीय जनता पार्टी का प्रत्येक कार्यकर्ता जनता के बीच रहकर उनकी समस्याओं के समाधान के लिए काम कर रहा है। इस दौरान अखिलेश यादव के बयान पर प्रतिक्रिया पूछे जाने पर उन्होंने कहा कि पश्चिम बंगाल में भारतीय जनता पार्टी के बेहतर प्रदर्शन के बाद विपक्ष में बेचैनी बढ़ गई है। उन्होंने आरोप लगाया कि अखिलेश यादव जमीनी संघर्ष करने के बजाय सोशल मीडिया तक ही सीमित हैं। उन्होंने कहा, उन्हें एसी कमरे से केवल ट्वीट करके अपना विपक्ष चलाना है। वे कभी आंदोलन की राह पर दिखाई नहीं दिए। उन्होंने कहा कि भाजपा का प्रत्येक कार्यकर्ता समाज के सभी वर्गों—अगड़े
कुख्यात डकैत जगन गुर्जर की अजमेर हाई सिक्योरिटी जेल में हत्या हो गई। संदिग्ध परिस्थितियों में उसका शव मिला है। एफएसएल टीम मौके पर पहुंची है। एसपी हर्षवर्धन अग्रवाला ने इसकी पुष्टि की है। डकैत जगन गुर्जर करीब 27 साल पहले 1994 में अपराध की दुनिया में आया था। उसका ऐसा खौफ था कि डर से कई गांवों में शादियां तक होनी बंद हो गई थीं। उसके खुद के गांव में 10 साल तक कोई शादी नहीं हुई थी। उसकी दहशत से न सिर्फ गांव वाले बल्कि उसके पिता भी गांव छोड़कर चले गए थे। जगन गुर्जर ने अपने जीजा के हत्यारों को भी जान से मार डाला था। चौतरफा बीहड़ों से घिरे धौलपुर के डांग क्षेत्र में उसने अपना ठिकाना बनाया था। महिला को निर्वस्त्र कर गांव में घुमाया था जगन पर महिलाओं से मारपीट और दुर्व्यवहार करने के भी आरोप लगे थे। धौलपुर जिले के करनपुर-सायका पुरा गांव में दो महिलाओं से मारपीट कर उन्हें निर्वस्त्र कर गांव में घुमाया था। एक पुलिसकर्मी की हत्या का भी आरोप लगा था। जगन गुर्जर पर राजस्थान, उत्तरप्रदेश और मध्यप्रदेश के अलग-अलग थानों में हत्या के प्रयास, लूट, फिरौती, अपहरण, नकबजनी, डकैती से जुड़े 100 से ज्यादा मामले दर्ज थे। वसुंधरा राजे का धौलपुर महल उड़ाने की धमकी दी थी साल 2008 में गुर्जर आरक्षण आंदोलन के दौरान पूर्व सीएम वसुंधरा राजे का धौलपुर महल उड़ाने की धमकी देकर देशभर में चर्चा में आया था। तब पुलिस ने उस पर 11 लाख रुपए का इनाम रखा था और वह चंबल का सबसे बड़ा दस्यु बन गया था। बेटी की शादी में जुर्म की दुनिया छोड़ने की खाई थी कसम करीब 15 साल पहले जगन गुर्जर ने अपनी बेटी की शादी की थी। तब उसने जुर्म की दुनिया छोड़ने की कमस खाई थी। इससे पहले वह तीन बार 2018,2009 और 2001 में आत्मसमर्पण भी कर चुका था, लेकिन उसने हर बार जमानत पर बाहर आकर जुर्म की राह पकड़ ली थी।
पन्ना में बरसों से एक कहावत प्रचलित है-पन्ना के जुगल किशोर की मुरलिया में हीरा जड़े हैं। किसान राजेश उपाध्याय की इस भेंट और आस्था ने इस सदियों पुरानी कहावत को एक बार फिर जीवंत कर दिया है। दरअसल, पन्ना के पटी बजरिया क्षेत्र में किसान राजेश उपाध्याय को अपनी खदान में लगभग 40 सेंट का 'जेम्स क्वालिटी' का हीरा मिला है। उन्होंने अपने पार्टनर राकेश के साथ यह खदान लगाई थी। हीरा मिलते ही राजेश उपाध्याय ने इसे सीधे भगवान श्री जुगल किशोर जी के मंदिर में अर्पित कर दिया। राजेश उपाध्याय ने खदान में खुदाई शुरू करने से पहले भगवान जुगल किशोर जी के चरणों में एक मन्नत मांगी थी। उन्होंने संकल्प लिया था कि उन्हें मिलने वाला पहला हीरा, चाहे वह छोटा हो या बड़ा, उसे वे भगवान को ही समर्पित करेंगे। मन्नत पूरी होने पर उन्होंने बिना देर किए हीरा भगवान के चरणों में रख दिया। सुरक्षा कारणों से नहीं लिया हीरा मंदिर में मौजूद पुजारी ने किसान की इस अनूठी श्रद्धा की सराहना की। हालांकि, सुरक्षा कारणों का हवाला देते हुए पुजारी ने वह हीरा फिलहाल राजेश उपाध्याय को वापस सौंप दिया। पुजारी ने बताया कि भविष्य में जब भी भगवान के लिए नए आभूषण बनाए जाएंगे, तब मंदिर प्रबंधन यह हीरा उनसे ले लेगा। तब तक इसे पूरी तरह सुरक्षित रखने को कहा गया है। 20 हजार का है हीरा राजेश उपाध्याय ने इसी साल मार्च 20226 में हीरा कार्यालय से पट्टा बनवाकर खदान लगाई थी। सोमवार को उन्हें करीब 20 हजार रुपए का हीरा मिला। राजेश हीरा लेकर मंदिर पहुंचे। पुजारी ने हीरे को दानपेटी में डालने कहा। राजेश को इसकी रशीद चाहिए थी, इस कारण पुजारी ने भगवानों के चरणों मे हीरा छुला कर उन्हें वापस दे दिया। उनका नंबर लेकर यह बोला गया कि जब भगवान के आभूषण बनेंगे तो यह हीरा उनसे मांग लिया जाएगा। क्या है मंदिर की खासियतजुगल किशोरजी मंदिर का निर्माण पन्ना के चौथे बुंदेला राजा राजा हिंदूपत सिंह ने अपने शासनकाल के दौरान 1758 से 1778 तक किया था। किंवदंतियों के अनुसार, इस मंदिर के गर्भगृह में रखी गई मूर्ति को ओरछा के रास्ते ब्रंदावन से लाया गया है। स्वामी के आभूषण और पोशाक बुंदेलखंडी शैली की हैं। मंदिर में बुंदेला मंदिरों की सभी स्थापत्य विशेषताएं हैं, जिसमें एक नट मंडप, भोग मंडप और प्रदक्ष्णा मार्ग शामिल हैं। बरसों से निभाई जा रही पंरपराश्री जुगल किशोर मंदिर में बरसों से पंरपरा निभाई जा रही है। मंदिर में भगवान भगवान जुगल किशोर की सुबह 5 बजे से लेकर रात्रि 10 बजे तक 5 बार आरती की जाती है। साथ ही भगवान जुगल किशोर को हर दिन 56 भोग लगाए जाते हैं। बुंदेलखंड का वृंदावनखास बात है कि पन्ना को इस मंदिर की वजह से बुंदेलखंड का वृंदावन भी कहा जाता है। यहां दूर-दूर से श्रद्धालु भगवान श्री जुगल किशोर के लिए दर्शन के लिए आते हैं। जन्माष्टमी पर यहां लोगों का सैलाब उमड़ता है।
चंदौली में किसानों का जमीन देने से इनकार:विंध्य एक्सप्रेस-वे परियोजना का विरोध, महापंचायत की तैयारी
चंदौली जिले के बरहनी ब्लॉक स्थित परेवा गांव में सोमवार को 'जमीन बचाओ संघर्ष समिति' के बैनर तले सैकड़ों किसानों ने विंध्य एक्सप्रेस-वे परियोजना के लिए अपनी उपजाऊ भूमि देने से इनकार कर दिया। पूर्व प्रधान समरेंद्र बहादुर सिंह की अध्यक्षता में हुई बैठक में प्रस्तावित परियोजना के विरोध में निंदा प्रस्ताव पारित किया गया। किसानों ने स्पष्ट किया कि वे अपनी उपजाऊ भूमि एक्सप्रेस-वे के लिए नहीं देंगे, चाहे इसके लिए उन्हें कोई भी कीमत चुकानी पड़े। किसान नेता और पूर्व प्रधान समरेंद्र बहादुर सिंह ने कहा कि प्रस्तावित विंध्य एक्सप्रेस-वे के निर्माण से बरहनी ब्लॉक के कई कृषि प्रधान गांवों के किसान भूमिहीन हो जाएंगे। इससे उनकी रोजी-रोटी का गंभीर संकट खड़ा हो जाएगा। उन्होंने जोर देकर कहा कि इस क्षेत्र की जमीन अत्यधिक उपजाऊ है और किसान अंतिम दम तक एक्सप्रेस-वे के निर्माण का विरोध करते रहेंगे। युवा किसान आलोक सिंह ने बताया कि चंदौली जनपद को 'धान का कटोरा' कहा जाता है और यहां के किसानों की आजीविका का मुख्य साधन कृषि ही है। कृषि कार्य किसानों के व्यक्तिगत संसाधनों पर निर्भर करता है। किसानों ने कहा कि वे अपनी उपजाऊ जमीन एक्सप्रेस-वे के लिए नहीं देंगे। अन्य वक्ताओं ने बताया कि प्रस्तावित एक्सप्रेस-वे कर्मनाशा नदी के किनारे बाईं ओर से गुजरेगा, जिससे नरवन क्षेत्र की उपजाऊ भूमि दो भागों में बंट जाएगी। इससे किसानों को अपने कृषि संसाधनों के साथ खेतों तक पहुंचने में भारी कठिनाई होगी। बैठक में किसानों ने जल्द ही एक महापंचायत आयोजित कर सरकार के इस कदम का विरोध करने का निर्णय लिया। इस दौरान निखिल सिंह, विजय बहादुर सिंह, संजय सिंह, दीपक सिंह, रमेश बिंद, अमित सिंह, टिंकू सिंह, सुमंत सिंह अन्ना, आनंद लाल और फतेह बहादुर सिंह सहित कई किसान मौजूद रहे।
करौली में अखिल भारतीय सफाई मजदूर संघ की शाखा ने मुख्यमंत्री के नाम जिला कलेक्टर को ज्ञापन सौंपा है। संघ ने 24 घंटे के भीतर मांगों पर कार्रवाई नहीं होने पर पूरे राजस्थान में सफाई कार्य के बहिष्कार और अनिश्चितकालीन हड़ताल की चेतावनी दी है। ज्ञापन में सफाई कर्मचारी भर्ती में पारंपरिक सफाई कार्य करने वाले समुदायों को प्राथमिकता देने की मांग की गई है। इसके साथ ही, लंबित नियुक्तियां देने और ठेका प्रथा समाप्त करने की भी अपील की गई है। राज्य स्तर पर चलाया जाएगा आंदोलनयूनियन अध्यक्ष मनोज धैंधट के नेतृत्व में सौंपे गए ज्ञापन में बताया गया कि यह आंदोलन राज्य स्तर पर चल रहे आंदोलन के समर्थन में है। कर्मचारियों ने मांग की है कि वर्तमान में ठेकेदारों के माध्यम से कार्यरत सफाई श्रमिकों को नई भर्ती प्रक्रिया में प्राथमिकता दी जाए।संगठन ने नगर निकायों में ठेका प्रथा समाप्त कर सफाई व्यवस्था सीधे विभागीय स्तर पर संचालित करने की मांग की। साथ ही वर्ष 2012 से लंबित उन सफाई कर्मचारियों को तत्काल नियुक्ति देने की भी बात कही, जिनके पक्ष में न्यायालय से ड्यूटी जॉइन कराने के आदेश जारी हो चुके हैं। संघ ने स्पष्ट किया कि यदि 24 घंटे के भीतर सरकार की ओर से सकारात्मक निर्णय नहीं लिया गया, तो प्रदेशभर के सफाई कर्मचारी सफाई कार्य का बहिष्कार करते हुए अनिश्चितकालीन हड़ताल पर चले जाएंगे। इससे शहरी निकायों की सफाई व्यवस्था बुरी तरह प्रभावित हो सकती है।इस दौरान यूनियन अध्यक्ष मनोज धैंधट के साथ टीकम, सुरेंद्र संकत, रमेश, विक्रम, सुनीता, लक्ष्मी, सारदा, मुन्नी, आशा, शीला, राजीव, सोनू, अमरलाल, सीताराम सहित बड़ी संख्या में सफाई कर्मचारी मौजूद रहे।
हमीरपुर के मौदहा कोतवाली क्षेत्र में नाबालिग से दुष्कर्म का मामला सामने आया है। पुलिस ने पीड़िता के पिता की शिकायत पर पॉक्सो एक्ट और भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की संबंधित धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज कर आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। पुलिस को दी गई शिकायत में पीड़िता के पिता ने बताया कि उनकी 12 वर्षीय बेटी रविवार दोपहर खेत गई थी। आरोप है कि गांव के निवासी राजू पुत्र लक्ष्मी उसे जबरन पास के एक ट्यूबवेल पर ले गया और उसके साथ दुष्कर्म किया। वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपी मौके से फरार हो गया था। कुछ देर बाद जब बेटी जब घर लौटी तो वह बदहवास हालत में थी। परिजनों के पूछने पर उसने अपने साथ हुई घटना के बारे में बताया। इसके बाद परिजन तुरंत मौदहा कोतवाली पहुंचे और आरोपी के खिलाफ शिकायत दर्ज कराकर कार्रवाई की मांग की। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने तत्काल पॉक्सो एक्ट और बीएनएस की संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज किया। पीड़िता का मेडिकल परीक्षण कराया गया और आरोपी की तलाश शुरू की गई। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी राजू को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया, जहां से उसे न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया। मौदहा कोतवाली प्रभारी संतोष सिंह ने इस मामले की पुष्टि करते हुए बताया कि पीड़िता का मेडिकल परीक्षण कराया गया है। उन्होंने यह भी बताया कि पिता की शिकायत पर आरोपी के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया है।
जौनपुर में 5 ग्रामीण सड़कों का शिलान्यास:कृषि मंडी परिषद ने ₹1.29 करोड़ की लागत से किया
जौनपुर में कृषि मंडी परिषद द्वारा 1.29 करोड़ रुपये की लागत से पांच ग्रामीण सड़कों के निर्माण कार्य का शिलान्यास किया गया। खेल एवं युवा कल्याण राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) गिरीश चंद्र यादव ने विधिवत पूजन-अर्चन के साथ इन परियोजनाओं की आधारशिला रखी। यह कार्य मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और कृषि राज्यमंत्री दिनेश प्रताप सिंह की प्रेरणा से शुरू किया गया है। इन सड़क परियोजनाओं का उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्रों को बेहतर सड़क संपर्क उपलब्ध कराना है, ताकि किसानों को अपनी कृषि उपज मंडियों तक पहुंचाने में सुविधा मिल सके और उनकी आर्थिक स्थिति मजबूत हो। शिलान्यास की गई परियोजनाओं में मीरापुर पूरा-अंधरी मार्ग से गठाना बाजार पिच रोड तक 0.60 किलोमीटर सड़क (20.96 लाख रुपये), जौनपुर-शाहगंज मार्ग पर लपरी पिच रोड से राधमनी बनवारी के घर तक 0.55 किलोमीटर सड़क (22.68 लाख रुपये), मल्हनी-कौईरीडीहा संपर्क मार्ग से कुइया तक 0.50 किलोमीटर सड़क (22.53 लाख रुपये), कलापुर नवली मार्ग से अहिरोपशुरामपुर सब स्टेशन तक 0.50 किलोमीटर सड़क (16.07 लाख रुपये) तथा मीरापुर पिच रोड से बस्तीबन्दगान तक 1.00 किलोमीटर संपर्क मार्ग (47.44 लाख रुपये) शामिल हैं। इस अवसर पर राज्यमंत्री गिरीश चंद्र यादव ने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और कृषि राज्यमंत्री दिनेश प्रताप सिंह के सहयोग से मंडी परिषद ग्रामीण क्षेत्रों को मजबूत सड़क नेटवर्क से जोड़ने का कार्य कर रही है। उन्होंने कहा कि इन सड़कों के निर्माण से किसानों को अपनी उपज मंडियों तक पहुंचाने में आसानी होगी, जिससे कृषि क्षेत्र को सीधा लाभ मिलेगा। उन्होंने कहा कि गांवों की बेहतर कनेक्टिविटी से कृषि के साथ-साथ स्वास्थ्य, शिक्षा और अन्य बुनियादी सुविधाओं में भी सुधार होगा। सरकार की प्राथमिकता प्रत्येक गांव तक पक्की और टिकाऊ सड़क पहुंचाना है। कार्यक्रम में गंभीरन मंडल अध्यक्ष अजय यादव, कमला सिंह, बलिहारी राजभर, जवाहर राजभर, लखेन्द्र राजभर, इंद्रजीत विश्वकर्मा, नीरज राय, जितेंद्र अग्रहरी सहित अनेक जनप्रतिनिधि एवं गणमान्य लोग उपस्थित रहे।
भीम युवा वाहिनी ने प्रशासन को सौंपा ज्ञापन:अम्बेडकर पार्क की सुरक्षा और खतौनी में दर्ज कराने की मांग
बस्ती में भीम युवा वाहिनी ने सोमवार दोपहर मंडलायुक्त और जिलाधिकारी को अलग-अलग ज्ञापन सौंपे। इन ज्ञापनों में अनुसूचित जाति समाज के लिए सुरक्षित की गई अम्बेडकर पार्क की भूमि को खतौनी में दर्ज कराने और पार्कों की सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने की मांग की गई। संगठन ने चेतावनी दी कि यदि समय रहते आवश्यक कदम नहीं उठाए गए, तो भविष्य में भूमि विवाद और अतिक्रमण की आशंका बनी रहेगी। राष्ट्रीय अध्यक्ष सोनू राव, प्रदेश अध्यक्ष अजय राव उर्फ प्रमोद और राष्ट्रीय उपाध्यक्ष संदीप कुमार गौतम के नेतृत्व में सौंपे गए ज्ञापन में बताया गया कि सदर तहसील क्षेत्र के ग्राम थरौली स्थित गाटा संख्या-133 की भूमि को अम्बेडकर पार्क के रूप में सुरक्षित कराने की मांग लंबे समय से लंबित थी। प्रशासन के निर्देश पर 5 जून 2026 को राजस्व विभाग की टीम ने मौके पर पैमाइश कर सीमेंट के पिलर लगवाए और भूमि को अतिक्रमण मुक्त कराया था। संगठन ने मांग की है कि इस भूमि को विधिवत अम्बेडकर पार्क के रूप में खतौनी में दर्ज किया जाए। इससे भविष्य में किसी प्रकार का विवाद या अवैध कब्जा नहीं हो सकेगा और ग्रामीणों को सामाजिक गतिविधियों के लिए स्थायी रूप से सुरक्षित स्थान उपलब्ध रहेगा। दूसरे ज्ञापन में भीम युवा वाहिनी ने मुख्यमंत्री के उन निर्देशों का उल्लेख किया, जिनमें प्रदेश के अम्बेडकर पार्कों और डॉ. भीमराव अम्बेडकर की प्रतिमाओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने के आदेश दिए गए हैं। संगठन ने मांग की कि ग्राम धुसनाखोर स्थित अम्बेडकर पार्क के चारों ओर बाउंड्रीवाल का निर्माण कराया जाए। इससे पार्क और वहां स्थापित बाबा साहब की प्रतिमा असामाजिक तत्वों से सुरक्षित रह सकेगी। ज्ञापन सौंपने वालों में हरिहर, बलिराम, गोलू, रूचि, लक्ष्मी, जितेन्द्र, चन्द्रावती, गौरव, शकुन्तला, शान्ती, राजपती, मंजीत कुमार, सन्तबली, विशाल कुमार, मोलहू, भरत बौद्ध, कलावती, इशरावती, निखिल, गोलू गौतम, संगीता, रीता सहित भीम युवा वाहिनी के अनेक पदाधिकारी और कार्यकर्ता उपस्थित थे।
दुर्ग जिले के रानीतराई थाना क्षेत्र में फर्जी दस्तावेज तैयार कर होम लोन लेने की कोशिश का मामला सामने आया है। आरोपी ने जमीन का नकली पट्टा और पंचायत का फर्जी प्रमाण पत्र बनाकर आवास ऋण के लिए आवेदन किया था। हालांकि दस्तावेजों की जांच के दौरान गड़बड़ी पकड़ में आ गई, जिसके बाद लोन आवेदन रद्द कर दिया गया। मामले की शिकायत मिलने पर पुलिस ने जांच की और आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया। 6 जून 2026 को ग्राम पंचायत तेलीगुंडरा की सरपंच हुलेश्वरी साहू ने रानीतराई थाने में लिखित शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत में बताया गया कि गांव के रहने वाले धनेश्वर कुमार निर्मलकर ने करीब 1800 वर्गफुट जमीन का फर्जी पट्टा और पंचायत प्रमाण पत्र तैयार कर दुर्ग के न्यू दीपक नगर स्थित आधार हाउसिंग फाइनेंस लिमिटेड में होम लोन के लिए आवेदन किया है। शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने मामले की जांच शुरू की। जांच में पर्याप्त सबूत मिलने के बाद रानीतराई पुलिस ने आरोपी धनेश्वर कुमार निर्मलकर (40) निवासी ग्राम तेलीगुंडरा के खिलाफ अपराध दर्ज कर उसे गिरफ्तार किया गया। जांच में खुली पोलजांच के दौरान पंचायत के रिकॉर्ड खंगाले गए और सरपंच समेत अन्य लोगों के बयान लिए गए। जांच में सामने आया कि जिस जमीन का पट्टा और प्रमाण पत्र आवेदन के साथ लगाया गया था, वह ग्राम पंचायत की ओर से कभी जारी ही नहीं किया गया था। दस्तावेजों पर लगी मुहर और प्रमाणन भी पंचायत के असली रिकॉर्ड से मेल नहीं खाए। पुलिस ने जांच के दौरान आधार हाउसिंग फाइनेंस लिमिटेड से भी आरोपी द्वारा जमा किए गए दस्तावेजों की प्रतियां हासिल कीं। कंपनी ने बताया कि दस्तावेजों की जांच में कई तरह की गड़बड़ियां मिलने के बाद होम लोन का आवेदन मंजूर नहीं किया गया और उसे खारिज कर दिया गया।
बालाघाट जिले में 1 जून से अब तक केवल 49 मिमी (लगभग 2 इंच) बारिश ही दर्ज की गई है। कम बारिश की वजह से पूरा जिला सूखे जैसी स्थिति का सामना कर रहा है। जून के पूरे महीने में सिर्फ दो ही बार ऐसा हुआ है जब एक घंटे से ज्यादा देर तक पानी गिरा हो। सोमवार को इस महीने में दूसरी बार मानसून की बारिश हुई, जिससे शहर के कुछ निचले इलाकों में पानी भर गया। पानी निकासी का सही इंतजाम न होने की वजह से यह नौबत आई, हालांकि बारिश थमने के बाद जमा हुआ पानी धीरे-धीरे निकल गया। वहीं, नगरीय क्षेत्र के वार्ड नंबर 10 में जब बारिश के पानी निकलने के लिए नालियों की सफाई नहीं हुई, तो वहां के रहने वाले काले खां को खुद फावड़ा उठाकर नाली साफ करते देखा गया। सोमवार की इस बारिश ने लोगों को उमस भरी गर्मी से थोड़ी राहत तो दी है, लेकिन किसानों को अभी भी झमाझम पानी बरसने का इंतजार है। खेत तैयार, पर बोआई अटकी; किसान चिंतित कम बारिश के कारण किसान अब तक खेतों में बोआई का काम शुरू नहीं कर पाए हैं। खेतों को तैयार कर और फसल के लिए खार (नर्सरी) लगाकर बैठे किसानों को मिट्टी में जरूरी नमी न होने से भारी दिक्कत हो रही है। जिन इलाकों में सिंचाई की सुविधा है, वहां बोई गई खार तो उग आई है, लेकिन आगे फसल के लिए पानी न होने से किसान परेशान हैं। कृषि वैज्ञानिकों का कहना है कि समय पर बारिश न होने से बोआई पिछड़ सकती है, जिससे इस साल धान की पैदावार पर असर पड़ सकता है। कृषि विभाग ने भी मानसून कम रहने की आशंका को देखते हुए किसानों को कम पानी वाली खरीफ फसलें लगाने की सलाह दी है। पिछले साल के मुकाबले आधी से भी कम बारिश अगर पिछले साल से तुलना करें तो इस वर्ष बारिश बहुत ही कम हुई है। पिछले साल आज की तारीख (29 जून) तक जिले में 122 मिमी (लगभग सवा चार इंच) बारिश हो चुकी थी, जबकि इस साल अब तक केवल 49 मिमी ही पानी गिरा है। 24 घंटे में सिर्फ 3 मिमी औसत बारिश, अधिकांश तहसीलें सूखीं भू-अभिलेख विभाग से जारी आंकड़ों के मुताबिक, पिछले 24 घंटों में जिले में केवल 3 मिमी औसत बारिश दर्ज की गई है। इस दौरान केवल लांजी में 31 मिमी और किरनापुर में 2 मिमी पानी गिरा। इसके उलट बालाघाट, वारासिवनी, बैहर, कटंगी, खैरलांजी, लालबर्रा, बिरसा, परसवाड़ा और तिरोड़ी जैसी प्रमुख तहसीलों में पानी ही नहीं बरसा, जिससे हालात और चिंताजनक हो गए हैं।
राजनांदगांव पुलिस ने विद्यार्थियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के उद्देश्य से शहर के कोचिंग संस्थानों में विशेष जांच अभियान चलाया। सोमवार, 29 जून को पुलिस अधीक्षक अंकिता शर्मा के निर्देश पर 12 कोचिंग संस्थानों का औचक निरीक्षण कर अग्नि सुरक्षा और अन्य सुरक्षा व्यवस्थाओं की सघन जांच की गई। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक कीर्तन राठौर के नेतृत्व में थाना कोतवाली, बसंतपुर और चिखली क्षेत्र के कोचिंग संस्थानों का निरीक्षण किया गया। अभियान में करीब 25 पुलिस अधिकारी और कर्मचारी शामिल रहे। फायर सेफ्टी से लेकर इमरजेंसी एग्जिट तक की जांच निरीक्षण के दौरान पुलिस टीम ने संस्थानों में उपलब्ध अग्निशमन उपकरण, आपातकालीन निकास द्वार, खिड़कियों की स्थिति, विद्युत सुरक्षा व्यवस्था और निकासी मार्गों का बारीकी से परीक्षण किया। साथ ही कार्यशील फायर एक्सटिंग्विशर की उपलब्धता और शॉर्ट सर्किट जैसी संभावित घटनाओं से बचाव के इंतजाम भी जांचे गए। सुरक्षा मानकों का पालन करने के निर्देश पुलिस अधिकारियों ने सभी कोचिंग संचालकों को अग्नि सुरक्षा मानकों का शत-प्रतिशत पालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि विद्यार्थियों की सुरक्षा से किसी भी प्रकार का समझौता स्वीकार नहीं किया जाएगा। भविष्य में किसी संस्थान में लापरवाही पाए जाने पर संबंधित संचालकों के खिलाफ नियमानुसार कड़ी वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। आगे भी जारी रहेगा अभियान राजनांदगांव पुलिस ने कहा कि विद्यार्थियों और आम नागरिकों की सुरक्षा उनकी सर्वोच्च प्राथमिकता है। इसी उद्देश्य से ऐसे विशेष निरीक्षण अभियान आगे भी नियमित रूप से जारी रहेंगे। इस अभियान में थाना प्रभारी कोतवाली निरीक्षक उपेंद्र शाह, थाना प्रभारी बसंतपुर निरीक्षक एमन साहू सहित दोनों थानों और पुलिस लाइन के अधिकारी एवं कर्मचारी शामिल रहे।
झांसी में सीपरी पुलिस ने बाइक चोरी करने वाले 2 बदमाशों को गिरफ्तार किया है। उनसे चोरी की 8 बाइक, एक तमंचा और एक कारतूस बरामद हुआ है। दोनों नशे की लत पूरी करने के लिए बाइक चुराते थे। फिर मध्य प्रदेश में ले जाकर 5 हजार रुपए बेंच देते थे। पैसों से नशा और अय्याशी करते थे। पैसा खत्म होने पर दोनों झांसी आकर फिर से बाइक चुराकर ले जाते थे। 16 जून को दोनों ने सीपरी बाजार से बाइक चुराई थी। तब से पुलिस उनके पीछे लगी थी। सोमवार को दोनों बाइक बेचने आए तो पुलिस तक सूचना पहुंच गई। पुलिस ने घेरकर दोनों को गिरफ्तार कर लिया। उनकी निशानदेही पर चोरी की 8 बाइक बरामद हुई। 28 जून को दर्ज हुई थी रिपोर्ट एसपी सिटी प्रीति सिंह ने बताया- प्रेमनगर के नूर नगर निवासी हनीफ पुत्र इब्राहिम 16 जून को अपनी बाइक से सीपरी बाजार आया था। यहां एम्ब्रोसिया होटल के बाहर बाइक खड़ी करके एटीएम से पैसे निकालने चला गया। थोड़ी देर बाद लौटकर आया तो बाइक नहीं मिली। 28 जून को हनीफ की तहरीर पर सीपरी बाजार थाना पुलिस ने केस दर्ज किया। इसके बाद पुलिस बदमाशों की तलाश में जुटी थी। सोमवार को सूचना मिली कि चोरी करने वाले बदमाश बाइक बेचने की फिराक में बैंकर्स कॉलोनी के पास घूम रहे हैं। इस पर पुलिस ने घेराबंदी करके मध्य प्रदेश के शिवपुरी के अमोला थाना क्षेत्र के मामोनी कला निवासी केपी सिंह लोधी (28) और अमोला के सिरसोल गांव निवासी अमित लोधी (19) को गिरफ्तार कर लिया। उनसे चोरी की बाइक, एक तमंचा और एक कारतूस बरामद हुआ। शिवम गौड़ की तलाश एसपी सिटी प्रीति सिंह ने आगे बताया- पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि चोरी में उनके साथ अमोला थाना क्षेत्र के दांगीपुर गांव निवासी शिवम गौड़ भी शामिल है। दोनों चोरी करके शिवम को 5 हजार रुपए में बाइक बेच देते थे। शिवम आगे बाइक बेचता था। कुछ चोरी की बाइक राजघाट कॉलोनी स्थित नहर की पुलिया के नीचे छिपाकर रखी है। पुलिस ने उनकी निशानदेही पर चोरी की 7 अन्य बाइक बरामद की। इसमें दो रक्सा और एक नवाबाद थाना क्षेत्र से चोरी की थी। 4 बाइकों के बारे में पुलिस जानकारी जुटा रही है। अब पुलिस शिवम गौड़ की तलाश में छापेमारी कर रही है।
छतरपुर जिले के बिजावर थाना क्षेत्र में रविवार-सोमवार की दरमियानी रात एक सड़क हादसे में एक युवक की मौत हो गई, जबकि दो अन्य गंभीर रूप से घायल हो गए। यह घटना ग्राम खैराकला के पास उस समय हुई जब तीनों युवक जटाशंकर धाम दर्शन और कुंड में स्नान करने जा रहे थे। मृतक की पहचान 29 वर्षीय सुरेंद्र चौरसिया के रूप में हुई है। घायलों में 22 वर्षीय लकी चौरसिया और 23 वर्षीय विनय चौरसिया शामिल हैं, जिनका जिला अस्पताल में उपचार चल रहा है। डॉक्टरों ने उनकी हालत गंभीर बताई है। मृतक के भाई अरबिंद चौरसिया ने बताया कि सुरेंद्र अपने पड़ोसियों लकी और विनय के साथ मोटरसाइकिल से सोमवार तड़के जटाशंकर धाम के लिए निकले थे। उन्होंने आरोप लगाया कि खैराकला के पास एक तेज रफ्तार कार ने उनकी बाइक को टक्कर मार दी, जिससे तीनों सड़क पर गिर गए। इस हादसे में सुरेंद्र की मौके पर ही मौत हो गई। वहीं, पुलिस की प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि मोटरसाइकिल अनियंत्रित होकर सड़क पर फिसल गई, जिसके कारण यह दुर्घटना हुई। बिजावर थाना पुलिस दोनों पहलुओं को ध्यान में रखकर मामले की जांच कर रही है। हादसे की सूचना मिलते ही बिजावर थाना पुलिस और स्थानीय ग्रामीण मौके पर पहुंचे। घायलों को तत्काल जिला अस्पताल पहुंचाया गया। पुलिस ने मृतक के शव का पोस्टमार्टम कराकर परिजनों को सौंप दिया है और दुर्घटना का मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस का कहना है कि घटनास्थल के साक्ष्यों और अन्य तथ्यों के आधार पर हादसे के वास्तविक कारणों की जांच की जा रही है। यदि किसी वाहन की टक्कर की पुष्टि होती है, तो संबंधित वाहन चालक के खिलाफ वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।
'लाश' बनकर पुरानी पेंशन मांगेंगे कर्मचारी:बैठक कर कफन ओढ़कर लेटने की घोषणा की
पुरानी पेंशन बहाली की मांग कर रहे कर्मचारियों ने सरकार का ध्यान अपनी ओर खींचने के लिए नया तरीका अपनाया है। जुलाई महीने के दूसरे सप्ताह में पीडब्ल्यूडी के डिप्लोमा इंजीनियर्स संघ भवन पर प्रतीकात्मक रूप से 'लाश' बनकर पुरानी पेंशन की मांग करेंगे। कर्मारियों ने सोमवार को विकास भवन में बैठक कर निर्णय लिया कि सभी कर्मचारी कफन ओढ़कर लेटेंगे और सरकार से भावनात्मक अपील करेंगे।विकास भवन में संपन्न बैठक में मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद गोरखपुर के अध्यक्ष रूपेश कुमार श्रीवास्तव ने कहा कि बैठक में पुरानी पेंशन बहाली सहित कई मांगों पर चर्चा की गई। कोरोना काल में फ्रीज किए गए महंगाई भत्ते के एरियर का भुगतान करने, 50 प्रतिशत महंगाई भत्ता को मूल वेतन में मर्ज करने, रेलवे के किराए में रियायत को बहाल करने पर कर्मचारी नेताओं ने मंथन किया है। गोविंद जी की अध्यक्षता में संपन्न बैठक को संबोधित करते हुए रुपेश कुमार श्रीवास्तव ने कहा कि कर्मचारी संगठन वर्षों से अपनी मांगों के समाधान के लिए शासन और प्रशासन को ज्ञापन, पत्राचार, धरना-प्रदर्शन और आंदोलन के माध्यम से अवगत कराया जा रहा है। लेकिन सरकार कर्मचारियों की मांगों पर कोई ठोस निर्णय नहीं ले रही है। इससे कर्मचारियों में असंतोष व्याप्त है। उन्होंने कहा कि जुलाई के दूसरे सप्ताह में कर्मचारी प्रतीकात्मक रूप से कफन ओढ़कर लेटेंगे और सरकार का ध्यान आकर्षित करने का प्रयास करेंगे। उन्होंने कहा कि यह कार्यक्रम कर्मचारियों की उपेक्षा के विरोध में एक शांतिपूर्ण लेकिन प्रभावी लांकतांत्रिक संदेश देगा। जिलाध्यक्ष ने कहा कि पुरानी पेंशन बहाली कर्मचारियों के भविष्स और सामाजिक सुरक्षा से जुड़ा अत्यंत महत्वपूर्ण विषय है। उन्होंने कहा कि इसके साथ ही 8वें वेतन आयोग में न्यायसंगत फिटमेंट फैक्टर लागू करना तथा कोरोना काल में रोके गए डीए एरियर का भुगतान पाना भी कर्मचारियों का वैधानिक अधिकार है। उन्होंने कहा कि सरकार वर्ष 2027 में होने वाले विधानसभा चुनाव से पहले कर्मचारियों की लंबित मांगों का समाधान करे। ऐसा नहीं हुआ तो कर्मचारियों की नाराजगी का खामियाजा भुगतना पड़ेगा। बैठक का संचालन महामंत्री मदन मुरारी शुक्ल ने किया। इस दौरान अशोक पांडेय, श्याम नारायण शुक्ल, राजेश मिश्र, अनिल द्विवेदी, सुनील सिंह, बंटी श्रीवास्तव, अनूप कुमार, सौरभ श्रीवास्तव, इजहार अली आदि उपस्थित रहे।
कौशांबी के कोखराज सिहोरी टोल प्लाजा पर शुक्रवार सुबह हुए भीषण अग्निकांड के बाद व्यवस्थाएं धीरे-धीरे पटरी पर लौटने लगी हैं। टोल पर रखरखाव का काम शुरू हो गया है और गंगापार की ओर से आने वाले वाहनों से बिना बैरियर के ऑटो रीड मोड के जरिए टोल टैक्स वसूला जा रहा है। यह घटना शुक्रवार सुबह तब हुई जब कानपुर से वाराणसी जा रहा एक एलपीजी टैंकर टोल प्लाजा के केबिन के पास बने डिवाइडर से टकरा गया। टक्कर के बाद एलपीजी रिसाव हुआ और भीषण आग लग गई। इस अग्निकांड में टैंकर चालक और एक टोल कर्मचारी की मौत हो गई। वहीं, चार अन्य लोग घायल हो गए, जिनका इलाज अभी भी प्रयागराज के एसआरएन अस्पताल के बर्न वार्ड में चल रहा है। दुर्घटना में टोल के सभी उपकरण, कंट्रोल रूम और प्रशासनिक भवन जलकर राख हो गए थे। टोल मैनेजर अनूप पांडेय के अनुसार, इस घटना में टोल को करीब डेढ़ से दो करोड़ रुपये का नुकसान हुआ है, जिसमें 16 मोटरसाइकिलें और एक कार भी जलकर खाक हो गईं। टोल बूथों की शनिवार को साफ-सफाई कराई गई थी। सिहोरी टोल प्लाजा क्यूब हाईवे कंपनी का है। कंपनी के इंजीनियर मौके पर पहुंच गए हैं और पूरे टोल पर मरम्मत का काम जारी है। टोल मैनेजर ने बताया कि टोल प्लाजा की व्यवस्था को पहले की तरह पूरी तरह संचालित होने में अभी तीन से चार दिन का समय लग सकता है। फिलहाल, कानपुर से वाराणसी की तरफ जाने वाले वाहन अभी भी बिना टोल के निकल रहे हैं।
कानपुर देहात में महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल पूरी हुई है। बड़ौदा आरसेटी में आयोजित 12 दिवसीय अगरबत्ती निर्माण प्रशिक्षण कार्यक्रम सोमवार को संपन्न हो गया। इसमें स्वयं सहायता समूह से जुड़ी 30 महिलाओं को स्वरोजगार के लिए प्रशिक्षित किया गया। यह प्रशिक्षण कानपुर देहात के बड़ौदा आरसेटी में आयोजित किया गया था। इसमें सरवनखेड़ा विकासखंड की सेरुआ टप्पा सैंथा ग्राम पंचायत के स्वयं सहायता समूह की 30 महिलाओं ने भाग लिया। प्रशिक्षण के दौरान महिलाओं को अगरबत्ती बनाने की पूरी प्रक्रिया सिखाई गई। इसमें कच्चे माल का चयन, मशीन संचालन, उत्पाद की पैकिंग, गुणवत्ता नियंत्रण और बाजार में बिक्री जैसे महत्वपूर्ण पहलुओं की जानकारी दी गई। इसका उद्देश्य महिलाओं को अपना व्यवसाय शुरू करने में सक्षम बनाना है। समापन समारोह में समाजसेविका दीपिका सेंगर मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित थीं। उन्होंने महिलाओं का उत्साहवर्धन करते हुए कहा कि आत्मनिर्भर भारत का सपना तभी साकार होगा जब ग्रामीण महिलाएं स्वरोजगार अपनाकर अपने परिवार की आर्थिक स्थिति को मजबूत करेंगी। कार्यक्रम के अंत में, आरसेटी के निदेशक मयंक कटियार ने सभी प्रशिक्षुओं को सफलतापूर्वक प्रशिक्षण पूरा करने पर प्रमाण पत्र वितरित किए। उन्होंने महिलाओं से अपने सीखे हुए कौशल का उपयोग कर उद्यम स्थापित करने और अन्य महिलाओं को भी रोजगार से जोड़ने का आह्वान किया। इस अवसर पर संस्थान के संकाय निखिल मिश्रा और प्रशिक्षिका हेमलता प्रजापति सहित अन्य स्टाफ सदस्य मौजूद रहे। प्रशिक्षण पूरा करने वाली महिलाओं ने भी आत्मविश्वास के साथ स्वरोजगार शुरू करने की बात कही। इस पहल को ग्रामीण महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
झालावाड़ में जिला कलेक्टर अजय सिंह राठौड़ की अध्यक्षता में सोमवार को मिनी सचिवालय में जिला स्वास्थ्य समिति की बैठक हुई। इसमें कलेक्टर ने लापरवाह कर्मचारियों पर सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए। कलेक्टर ने लाडो प्रोत्साहन योजना के शत-प्रतिशत भुगतान, 70 साल से ज्यादा आयु के सभी पात्र लोगों के आयुष्मान भारत कार्ड के लिए ई-केवाईसी पूर्ण कर कार्ड वितरण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने चिकित्सा संस्थानों में साफ-सफाई, आवश्यक दवाइयों व जांच सुविधाओं की उपलब्धता, मौसमी बीमारियों से बचाव और कार्य में लापरवाही बरतने वाले कार्मिकों पर सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए। भवानीमंडी के 4 सुपरवाइजरों को चार्जशीट जारीभवानीमंडी के चार सुपरवाइजरों पर पल्स पोलियो अभियान में लापरवाही के चलते चार्जशीट जारी करने के आदेश भी दिए गए। बैठक में राष्ट्रीय टीकाकरण, परिवार कल्याण कार्यक्रम, ग्रामीण-शहरी स्वास्थ्य शिविर, निर्माण कार्यों की गुणवत्ता और स्वास्थ्य योजनाओं की समीक्षा की गई। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. साजिद खान ने जिले के स्वास्थ्य सूचकांकों में सुधार और आमजन को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने पर जोर दिया। पहले दिन 81% बच्चों को पोलियो खुराक मिलीइधर जिले में में राष्ट्रीय पल्स पोलियो टीकाकरण अभियान 28 से 30 जून तक चलाया जा रहा है। अभियान के पहले दिन 5 साल तक के बच्चों को बूथों पर पोलियो रोधी खुराक पिलाई गई। सोमवार और मंगलवार को स्वास्थ्य विभाग की टीमें घर-घर जाकर बच्चों को 'दो बूंद जिंदगी की' पिला रही हैं। सीएमएचओ डॉ. साजिद खान ने बताया कि जिले में 1 लाख 95 हजार 862 बच्चों को पोलियो रोधी खुराक पिलाने का लक्ष्य रखा गया है। अभियान के पहले दिन लगभग 81 प्रतिशत बच्चों को बूथों पर दवा पिलाई जा चुकी है। शेष बच्चों तक पहुंचने के लिए एएनएम और आशा कार्यकर्ता घर-घर जाकर टीकाकरण अभियान चला रही हैं।
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने सरकारी नौकरी के लिए रिश्वत देने वाले व्यक्ति के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने का आदेश दिया है। कोर्ट के निर्देश के बाद बुलंदशहर पुलिस ने रिश्वत देने वाले जयपाल सिंह के खिलाफ कार्रवाई शुरू कर दी है। हाईकोर्ट ने स्पष्ट किया कि सरकारी नौकरी के लिए पैसे देना केवल ठगी का शिकार होना नहीं, बल्कि समाज और योग्य अभ्यर्थियों के खिलाफ गंभीर अपराध है। यह मामला बुलंदशहर के रामघाट थाना क्षेत्र के परिहावली गांव का है। गांव निवासी जयपाल सिंह ने सरकारी नौकरी दिलाने के नाम पर बड़ी रकम रिश्वत के रूप में दी थी। जालसाजों ने उन्हें फर्जी नियुक्ति पत्र थमा दिया। ठगी का पता चलने के बाद मामला अदालत पहुंचा, जहां सुनवाई के दौरान हाईकोर्ट ने कड़ा रुख अपनाया। सुनवाई के दौरान अदालत ने कहा कि सरकारी नौकरी खरीदने के लिए पैसे देना सिर्फ धोखाधड़ी का मामला नहीं है, बल्कि उन लाखों मेहनती और योग्य छात्रों के अधिकारों पर हमला है, जो प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे हैं। कोर्ट ने इसे पूरे समाज के खिलाफ गंभीर अपराध बताया। मामले की गंभीरता को देखते हुए हाईकोर्ट ने बुलंदशहर के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) को निर्देश दिया कि रिश्वत देने वाले जयपाल सिंह के खिलाफ तत्काल एफआईआर दर्ज की जाए। अदालत ने इस कार्रवाई की अनुपालन रिपोर्ट भी तलब की है। हाईकोर्ट के आदेश के बाद प्रभारी एसएसपी बुलंदशहर अंतरिक्ष जैन ने सीओ डिबाई और रामघाट थाना प्रभारी को संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर आवश्यक कानूनी कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं। रामघाट थाना प्रभारी ने एफआईआर दर्ज करने से पहले हाईकोर्ट के आदेश को विधिक राय के लिए न्यायिक विभाग को भेजा है। हाईकोर्ट के इस आदेश के बाद सरकारी नौकरी के लिए अवैध तरीके अपनाने वालों में हड़कंप मच गया है। अदालत ने स्पष्ट संदेश दिया है कि नौकरी के नाम पर रिश्वत लेने वाले ही नहीं, बल्कि रिश्वत देने वाले भी कानून के दायरे में आएंगे।
20 हजार का इनामी गैंगस्टर गिरफ्तार:कानपुर में पेशी पर आया था, तीन जिलों में 10 से ज्यादा मुकदमे
कानपुर की चकेरी पुलिस ने लंबे समय से फरार चल रहे 20 हजार रुपए के इनामी गैंगस्टर को सोमवार दोपहर गिरफ्तार कर लिया। गैंगस्टर एक्ट के मुकदमे में वांछित आरोपी अदालत में पेशी के लिए कानपुर आया था, लेकिन पहले से अलर्ट पुलिस ने लखनऊ-रामादेवी रैंप के पास घेराबंदी कर उसे दबोच लिया। आरोपी पर कानपुर, रामपुर और चंदौली में 10 संगीन मुकदमे दर्ज हैं। पेशी पर आया, पुलिस ने धर दबोचा एडीसीपी पूर्वी शिवा सिंह ने बताया कि आरोपी वाहिद उर्फ वाजिद मूल रूप से रामपुर जिले के टांडा बादली गांव का रहने वाला है और वर्तमान में उत्तराखंड के उधम सिंह नगर के बाजपुर क्षेत्र में रह रहा था। चकेरी थाने में दर्ज गैंगस्टर एक्ट के मामले में वह लंबे समय से फरार था, जिस पर 20 हजार रुपये का इनाम घोषित किया गया था। सूचना मिलते ही सक्रिय हुई पुलिस पुलिस को सूचना मिली कि आरोपी अपने मुकदमे की पैरवी और पेशी के सिलसिले में कानपुर पहुंचा है। इसके बाद चकेरी पुलिस और पूर्वी जोन सर्विलांस टीम ने संयुक्त अभियान चलाया। सोमवार दोपहर लखनऊ-रामादेवी रैंप के पास घेराबंदी कर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया। तीन जिलों में 10 संगीन मुकदमे दर्ज पुलिस के अनुसार वाहिद उर्फ वाजिद के खिलाफ कानपुर, रामपुर और चंदौली में कुल 10 आपराधिक मुकदमे दर्ज हैं। इनमें गैंगस्टर एक्ट, आर्म्स एक्ट, गोवध निवारण अधिनियम, पशु क्रूरता, हत्या का प्रयास और अन्य गंभीर धाराओं के मामले शामिल हैं। नेटवर्क की भी होगी जांच पूछताछ के बाद आरोपी को चकेरी थाने लाया गया, जहां आवश्यक कानूनी कार्रवाई पूरी कर उसे न्यायालय में पेश किया गया। पुलिस अब आरोपी के आपराधिक नेटवर्क और उसके अन्य साथियों के बारे में भी जानकारी जुटा रही है।
लखनऊ के अलीगंज स्थित श्री महावीर जी ट्रस्ट (नया हनुमान मंदिर) की करोड़ों रुपये मूल्य की संपत्ति को फर्जी बैनामे के जरिए हड़पने का आरोप लगाते हुए ट्रस्ट के कार्यालय अधीक्षक राकेश दीक्षित ने डीसीपी नॉर्थ से शिकायत की है। उन्होंने मामले की जांच कर एफआईआर दर्ज करने की मांग की है। ट्रस्ट की जमीन का सीमांकन आयुक्त लखनऊ मंडल के निर्देश पर नगर निगम और राजस्व विभाग की संयुक्त टीम ने कराया था। सीमांकन के बाद पूरी भूमि पर सरकारी पत्थर भी लगाए गए थे। इसके बावजूद ट्रस्ट के किरायेदार रहे विशम्भर नाथ की पत्नी शोभा देवी ने कथित तौर पर केशव राम गुप्ता के माध्यम से अपने नाम बैनामा करा लिया। राकेश दीक्षित का आरोप है कि केशव राम गुप्ता को ट्रस्ट की जमीन बेचने का कोई अधिकार नहीं था। इसके बावजूद फर्जी तरीके से विक्रय विलेख तैयार कराया गया और अब उसी के आधार पर ट्रस्ट की संपत्ति पर दावा किया जा रहा है। शिकायत में आरोप लगाया गया है कि यह पूरा कृत्य ट्रस्ट की संपत्ति पर अवैध कब्जा करने की साजिश का हिस्सा है। डीसीपी नॉर्थ से फर्जी बैनामे की जांच कर इसमें शामिल सभी लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज करने की मांग की गई है।
ग्वालियर के पड़ाव थाना क्षेत्र स्थित स्टेशन बजरिया के एक होटल में देर रात खाने के बिल को लेकर विवाद हो गया। ग्राहकों और होटल स्टाफ के बीच शुरू हुई कहासुनी जल्द ही मारपीट में बदल गई। इस दौरान दोनों पक्षों के बीच लात-घूंसे चले, जिससे होटल परिसर में अफरा-तफरी मच गई। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। घटना देर रात करीब 2 बजे हुई, जब कुछ ग्राहक होटल में खाना खाने पहुंचे थे। भोजन के बाद बिल के भुगतान को लेकर ग्राहकों और होटल कर्मचारियों के बीच बहस छिड़ गई। यह बहस जल्द ही धक्का-मुक्की और फिर मारपीट में बदल गई। होटल में मौजूद अन्य लोगों ने बीच-बचाव का प्रयास किया, लेकिन हंगामा कुछ देर तक जारी रहा। मारपीट के कारण होटल में मौजूद अन्य परिवारों और ग्राहकों में दहशत फैल गई। कई लोग अपनी सुरक्षा के लिए होटल से बाहर निकल गए। मौके पर मौजूद कुछ व्यक्तियों ने इस पूरी घटना का वीडियो अपने मोबाइल फोन में रिकॉर्ड कर लिया। पुलिस ने मामले की जानकारी एकत्र कर जांच शुरू कर दी है। वायरल वीडियो के आधार पर भी घटनाक्रम की पड़ताल की जा रही है। पुलिस फिलहाल विवाद की वास्तविक वजह और मारपीट शुरू करने वाले पक्ष का पता लगाने में जुटी है। इस घटना ने होटल के देर रात तक संचालन पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं। चूंकि यह घटना रविवार रात करीब 2 बजे की है, ऐसे में यह चर्चा भी है कि होटल किस अनुमति के तहत इतनी देर रात तक खुला था। पुलिस अब इस पहलू की भी जांच कर सकती है कि होटल निर्धारित समय के बाद संचालित हो रहा था या नहीं। पुलिस का कहना है कि मामले की जांच जारी है और जांच के निष्कर्षों के आधार पर आगे की वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।
कटनी जिले के विलायत कला ग्राम में सोमवार को NH-43 पर दो ट्रकों के बीच हुई आमने-सामने की जोरदार टक्कर हो गई। इस हादसे में एक ट्रक चालक का हाथ कटकर शरीर से अलग हो गया। उसे प्राथमिक इलाज के बाद नाजुक हालत में जबलपुर मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया है। पेट्रोल पंप के पास आमने-सामने से भिड़े दोनों ट्रक स्थानीय प्रत्यक्षदर्शियों से मिली जानकारी के मुताबिक, मुजफ्फरपुर (बिहार) निवासी ट्रक चालक शिवम सिंह अपने ट्रक में सामान लोड कर उमरिया से कटनी की तरफ आ रहा था। इसी दौरान विलायत कला ग्राम में स्थित एक पेट्रोल पंप के पास सामने से (कटनी की ओर से) जा रहे एक अन्य तेज रफ्तार ट्रक से उसकी सीधी भिड़ंत हो गई। टक्कर इतनी भयावह थी कि दोनों ट्रकों के अगले हिस्से (केबिन) बुरी तरह पिचक गए। केबिन में फंसा लहूलुहान चालक, ग्रामीणों ने बचाया हादसे के बाद चीख-पुकार मच गई। टक्कर के कारण चालक शिवम सिंह ट्रक के केबिन के मलबे में बुरी तरह फंस गया, जिससे उसका एक हाथ कटकर अलग हो गया। मौके पर जुटे स्थानीय ग्रामीणों और राहगीरों ने भारी मशक्कत के बाद लहूलुहान चालक को केबिन से बाहर निकाला। ग्रामीणों ने एम्बुलेंस का इंतजार करने में समय गंवाने के बजाय तुरंत एक निजी वाहन की व्यवस्था की और घायल को जिला अस्पताल पहुंचाया। हालत नाजुक होने पर जबलपुर रेफर, जांच में जुटी पुलिस जिला अस्पताल के डॉक्टरों ने घायल चालक का अत्यधिक खून बहना रोकने के लिए प्राथमिक उपचार किया, लेकिन हाथ कटने और भारी रक्तस्राव के कारण उसकी हालत बेहद चिंताजनक बनी हुई थी। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए डॉक्टरों ने उसे तत्काल जबलपुर मेडिकल कॉलेज अस्पताल के लिए रेफर कर दिया। इधर, घटना की सूचना पर पहुंची बड़वारा थाना पुलिस ने क्रेन की मदद से दुर्घटनाग्रस्त दोनों ट्रकों को हाईवे से हटवाकर जाम खुलवाया और मामला दर्ज कर दुर्घटना के कारणों की जांच शुरू कर दी है।
राज्य मंत्री जवाहर सिंह बेडम और राजस्थान राज्य धरोहरण संरक्षण एवं प्रोन्नति प्राधिकरण के अध्यक्ष ओंकार सिंह लखावत आज पूछरी का लौठा पहुंचे। उन्होंने पूछरी के लौठा में चल रहे विकास कार्यों का निरीक्षण किया। इस दौरान जवाहर सिंह बेडम ने कहा कि पूछरी के लौठा में एक अत्याधुनिक विश्राम गृह बनाया जा रहा है। साथ ही पूछरी का विकास हाईटेक टैक्नीक के साथ होगा। सरकारी योजनाओं के जरिए भी चल रहे विकास कार्य गृह राज्य मंत्री जवाहर सिंह बेडम ने बताया कि राजस्थान में जितने भी अध्यात्म के केंद्र हैं। जहां आमजन के जुड़ाव है। उन्हें चरणबद्ध तरीके से विकसित करने का संकल्प लिया है। यह विकास कुछ सरकारी योजनाओं के माध्यम और कुछ आमजन के सहयोग से विकास हो रहा है। लोगों ने खुद आगे आकर कहा कि हम विकास में सहयोग करेंगे। समय-समय पर काम को देखने के लिए में आता रहता हूं। विश्व स्तर पर होगा विकास सीएम के निर्देश हैं कि गोवर्धन पर्वत की 1 किलोमीटर की परिक्रमा में 1 किलोमीटर का क्षेत्र राजस्थान में आता है। इसलिए उसमें विश्व स्तर का विकास हो।भारत के हर कोने से यहां श्रद्धालु आते हैं। उन्हें यहां हर सुविधा मिल सके। पूछरी के लौठा में विश्राम गृह भी बनाया जाएगा। विश्राम गृह के टेंडर की प्रक्रिया जारी है। पूछरी के लौठा मंदिर का जीर्णोद्धार शुरू हो गया है। 100 करोड़ की लागत से चल रहे विकास कार्य ओंकार सिंह लखावत ने बताया कि इस विकास में 100 करोड़ रुपए लगे हैं। पूछरी के लौठा में मंदिरों का जीर्णोद्धार होगा और कुछ नए मंदिरों का निर्माण होगा। इसके साथ ही सड़कों का नेटवर्क होगा। यात्रियों की सुविधाओं के लिए बहुत कुछ जरूरी है। इसलिए यहां विकास किया जाएगा। सरोवरों का विकास किया जाएगा।
बिछीवाड़ा थाना पुलिस ने राजस्थान-गुजरात के रतनपुर बॉर्डर पर बड़ी कार्रवाई करते हुए 20 लाख रुपए की अवैध शराब से भरा एक कंटेनर पकड़ा है। यह शराब साइकिल पार्ट्स की आड़ में गुजरात ले जाई जा रही थी। पुलिस ने कंटेनर ड्राइवर को गिरफ्तार कर लिया है। थानाधिकारी कैलाशचंद्र सोनी ने बताया कि नेशनल हाईवे-48 पर रतनपुर बॉर्डर पर नाकाबंदी कर वाहनों की जांच की जा रही थी। इसी दौरान मुखबिर से सूचना मिली कि उदयपुर की ओर से आ रहे एक बंद बॉडी कंटेनर में अवैध शराब की तस्करी की जा रही है। सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने संदिग्ध कंटेनर को रुकवाया। ड्राइवर से पूछताछ करने पर उसने कंटेनर में साइकिल पार्ट्स होने का दावा किया। हालांकि, तलाशी लेने पर साइकिल के पार्ट्स के बीच छिपाकर रखे गए विभिन्न ब्रांड की अंग्रेजी शराब के 244 कार्टन बरामद हुए। जब्त शराब चंडीगढ़ निर्मित बताई जा रही है, जिसकी बाजार कीमत लगभग 20 लाख रुपए है। पुलिस ने ट्रक ड्राइवर नरेश कुमार (33) पुत्र ओमप्रकाश, निवासी ढांड, थाना भट्टू, जिला फतेहाबाद हरियाणा को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस अब शराब तस्करी के इस पूरे नेटवर्क और गुजरात में शराब की खेप के गंतव्य ठिकानों का पता लगाने के लिए आगे की जांच कर रही है।
देवरिया में जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी (बीएसए) डॉ. राम जियावन मौर्य ने सोमवार को बैतालपुर और देसही देवरिया विकासखंड के कई परिषदीय विद्यालयों का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान कई विद्यालयों में छात्र उपस्थिति कम, साफ-सफाई की कमी और टोल फ्री नंबर अंकित न होने जैसी खामियां मिलीं। इस पर संबंधित प्रधानाध्यापकों और शिक्षकों को कड़ी चेतावनी दी गई, जबकि एक तकनीकी अनुदेशक का एक दिन का मानदेय काटने के निर्देश दिए गए। बैतालपुर विकासखंड के प्राथमिक विद्यालय रुच्चपार में 102 नामांकित छात्रों में केवल 20 छात्र उपस्थित मिले। विद्यालय में मध्याह्न भोजन बनता मिला तथा बागवानी की सराहना की गई, लेकिन परिसर में उगी घास की सफाई कराने के निर्देश दिए गए। प्राथमिक विद्यालय बरारी प्रथम में 65 नामांकित छात्रों में केवल 10 छात्र उपस्थित पाए गए। यहां एक शिक्षामित्र बिना सूचना के अनुपस्थित मिलीं, जिनसे स्पष्टीकरण मांगा गया। संविलियन विद्यालय बेलावर दुबार में प्रधानाध्यापक द्वारा अभी तक कार्यभार हस्तांतरित न किए जाने पर बीएसए ने नाराजगी जताई। यहां 90 नामांकित छात्रों में केवल 12 से 13 छात्र उपस्थित मिले। कम उपस्थिति को लेकर शिक्षकों को कड़ी फटकार लगाई गई। प्राथमिक विद्यालय जैतपुरा में 103 नामांकित छात्रों में 45 छात्र उपस्थित मिले। विद्यालय को निपुण पाया गया, लेकिन स्मार्ट क्लास और टोल फ्री नंबर अंकित नहीं था। वहीं भूमि विवाद के कारण अधूरी पड़ी चहारदीवारी के संबंध में प्रधानाध्यापक को खंड विकास अधिकारी को प्रस्ताव भेजने के निर्देश दिए गए। देसही देवरिया स्थित पीएम श्री विद्यालय सहवा के निरीक्षण के दौरान तकनीकी अनुदेशक अनुज कुमार अनुपस्थित मिले। इस पर उनका एक दिन का मानदेय काटने का निर्णय लिया गया। साथ ही आईसीटी लैब, कंप्यूटर कक्ष में साफ-सफाई की कमी और विज्ञान कक्ष अस्त-व्यस्त मिलने पर प्रधानाध्यापक को फटकार लगाते हुए दो दिन के भीतर सभी व्यवस्थाएं दुरुस्त करने के निर्देश दिए गए। निरीक्षण के बाद बीएसए डॉ. राम जियावन मौर्य ने कहा कि बैतालपुर और देसही देवरिया के खंड शिक्षा अधिकारियों द्वारा विद्यालयों का निरीक्षण और पर्यवेक्षण प्रभावी ढंग से नहीं किया जा रहा है। उन्होंने दोनों खंड शिक्षा अधिकारियों को कड़ी चेतावनी देते हुए एक सप्ताह के भीतर सभी कमियों को दूर कर लिखित रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए।
यूपी के कासगंज में सोमवार दोपहर 3:30 बजे एक ट्रेनी विमान क्रैश हो गया। विमान उड़ा रही महिला ट्रेनी पायलट घायल हो गई। उसे बेहतर इलाज के लिए आगरा रेफर किया गया है। हादसा पुलिस लाइन के पीछे 6-लेन हाईवे के पास हुआ। दुर्घटनास्थल पर लोगों की भीड़ जुट गई। करीब 3:40 बजे सूचना पर पुलिस और प्रशासन की टीम मौके पर पहुंची। हादसे के कारणों की जांच की जा रही है। अलीगढ़ से भरी थी उड़ान अलीगढ़ में चेतक एविएशन कंपनी है, जो DGCA (डायरेक्टरेट जनरल ऑफ़ सिविल एविएशन) से मान्यता प्राप्त फ्लाइंग ट्रेनिंग अकादमी है। यहां पायलटों को ट्रेनिंग देने के लिए Cessna 172 और Cessna 152 जैसे विमान इस्तेमाल किए जाते हैं। सोमवार दोपहर महिला पायलट कायनात पुत्री कादरखान ने अलीगढ़ से उड़ान भरी थी। विमान में वो अकेली थीं। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, विमान आसमान में मंडरा रहा था। अचानक उसका संतुलन बिगड़ा और बिजली के तारों से टकराकर बरेली-मथुरा हाईवे किनारे गिर गया। विमान पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया है। घटना से जुड़ी 2 तस्वीरें देखिए… खबर अपडेट हो रही है…
38 भामाशाहों और 21 प्रेरकों का हुआ सम्मान:स्कूलों के विकास में योगदान देने पर समारोह में नवाजा
डीडवाना में सोमवार को पंचायत समिति सभागार में 30वें जिला स्तरीय भामाशाह सम्मान समारोह का आयोजन किया गया। इस समारोह में शिक्षा के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान देने वाले 38 भामाशाहों और 21 प्रेरकों को सम्मानित किया गया। कार्यक्रम में जिला शिक्षा अधिकारी अजीत सिंह देथा, कुचामन सिटी के सीबीईओ भंवरलाल खोखर, मकराना के सीबीईओ बजरंग सिंह और परबतसर के सीबीईओ शारदा प्रकाश गुप्ता ने अतिथियों का स्वागत किया और भामाशाहों को सम्मानित किया। सहयोग से होता है स्कूलों का विकासजिला शिक्षा अधिकारी अजीत सिंह देथा ने अपने संबोधन में कहा कि शिक्षा के क्षेत्र में दानदाताओं का योगदान महत्वपूर्ण है। उन्होंने जोर दिया कि समाज के सहयोग से ही विद्यालयों का विकास और विद्यार्थियों को बेहतर शैक्षिक सुविधाएं मिल पाती हैं। देथा ने आगे कहा, शिक्षा ही वह माध्यम है, जिससे व्यक्ति जमीन से आसमान तक की उड़ान भर सकता है। समारोह में शिक्षा के विकास में सहयोग देने वाले भामाशाहों और प्रेरकों के योगदान की सराहना की गई। उन्हें सम्मान-पत्र और स्मृति चिन्ह प्रदान किए गए।इस अवसर पर कोषाधिकारी भंवरलाल, एसीबीईओ प्रथम हरलाल, एसीबीईओ शिवराज कड़वा, एसीबीईओ उगमाराम चाहर, सहायक लेखाधिकारी राकेश सैन, ऋषभ पारीक, पुखराज भाटी, सुखाराम और धर्मेश कुमार सहित शिक्षा विभाग के कई अधिकारी एवं कर्मचारी मौजूद रहे।
हॉगकॉग में दैनिक भास्कर की ओर से एशिया अवार्ड समारोह आयोजित किया गया। जिसमें एशिया के 50 प्रतिभावान युवाओं को अवार्ड देकर सम्मानित किया। जिन्होंने अपने काम के दम पर अलग पहचान बनाई। यहां सम्मानित होने वाले लोगों में पाली के युवा इंजीनियर एवं उद्यमी प्रवेश जैन भी शामिल रहे। रोबोटिक्स, हेल्थकेयर और डिजिटल इनोवेशन के क्षेत्र में उल्लेखनीय कार्य, करने पर उन्हें 'Asta Awards of Excellence 2026' से सम्मानित किया गया। उन्हें यह अवार्ड सिने स्टार शिल्पा सेट्टी के हाथों दिया गया। उन्होंने ऐसे कई तकनीकी नवाचार विकसित किए, जिनका उद्देश्य आमजन तक आधुनिक तकनीक और बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं पहुंचाना है। उनके प्रयासों से पाली जिले को तकनीकी नवाचार के क्षेत्र में नई पहचान यह सम्मान उनके नेतृत्व, नवाचार और समाज के प्रति समर्पित कार्यों की राष्ट्रीय स्तर पर मिली पहचान माना जा रहा है। प्रवेश जैन ने कहा कि उनका लक्ष्य पाली सहित पूरे राजस्थान में तकनीक आधारित ऐसे मॉडल विकसित करना है, जिनसे शिक्षा, स्वास्थ्य और रोजगार के नए अवसर सृजित हों। साथ ही युवाओं को नवाचार, स्टार्टअप और उद्यमिता की दिशा में आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया जा सके। उन्होंने विश्वास जताया कि आधुनिक तकनीक का प्रभावी उपयोग समाज के अंतिम व्यक्ति तक बेहतर सुविधाएं पहुंचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है।
पश्चिमी सिंहभूम जिले के सोनुआ-चक्रधरपुर मुख्य सड़क पर निश्चितपुर स्कूल के पास एक तेज रफ्तार ट्रैक्टर की चपेट में आने से 23 वर्षीय शिक्षिका वंदना महतो की मौत हो गई। घटना के बाद आक्रोशित ग्रामीणों ने शिक्षिका के शव को घटनास्थल पर रखकर सोनुआ-चक्रधरपुर मुख्य सड़क (एनएच) जाम कर दिया। पैदल ही जा रही थी स्कूल मृतका वंदना महतो निश्चितपुर गांव की निवासी थीं और सोनुआ के एसएस प्लस-2 हाई स्कूल में घंटी आधारित शिक्षिका के रूप में कार्यरत थीं। वह पैदल ही स्कूल जा रही थीं। इसी दौरान चक्रधरपुर की ओर से आ रहे एक तेज रफ्तार ट्रैक्टर ने उन्हें पीछे से टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि वह गंभीर रूप से घायल होकर सड़क पर गिर पड़ीं। हादसे के बाद चालक ट्रैक्टर लेकर मौके से फरार हो गया। इलाज के दौरान शिक्षिका की मौत हो गई स्थानीय लोगों और परिजनों ने घायल शिक्षिका को तत्काल सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, सोनुआ पहुंचाया। प्राथमिक उपचार के बाद उन्हें बेहतर इलाज के लिए रेफर किया गया, लेकिन चक्रधरपुर के एक निजी अस्पताल में इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। पूरी घटना निश्चितपुर स्कूल के गेट पर लगे सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गई है। वीडियो में दिख रहा है कि शिक्षिका सड़क किनारे पैदल चलती दिखाई दे रही हैं, तभी तेज रफ्तार ट्रैक्टर उन्हें टक्कर मारते हुए आगे निकल जाता है। फरार ट्रैक्टर और उसके चालक की पहचान में जुटी पुलिस घटना की सूचना मिलते ही सोनुआ थाना पुलिस मौके पर पहुंची और मामले की जांच शुरू कर दी। पुलिस सीसीटीवी फुटेज के आधार पर फरार ट्रैक्टर और उसके चालक की पहचान में जुटी है। घटना के बाद ग्रामीणों ने दोषी चालक की तत्काल गिरफ्तारी, मृतका के परिजनों को उचित मुआवजा और क्षेत्र में बेलगाम दौड़ रहे ट्रैक्टरों पर सख्त कार्रवाई की मांग की। स्थानीय लोगों का कहना है कि कई ट्रैक्टर बिना नियमों का पालन किए चलाए जा रहे हैं, जिससे लगातार सड़क हादसे हो रहे हैं।
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव 1 जुलाई को सिवनी जिले के एक दिवसीय दौरे पर आ रहे हैं। वे शहर के पॉलीटेक्निक कॉलेज मैदान में आयोजित होने वाले भव्य प्रदेश स्तरीय किसान सम्मेलन में मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होंगे। इस कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री प्रदेश के किसानों को 'कोदो-कुटकी' (मोटा अनाज) का बोनस वितरित करेंगे। इसके साथ ही विभिन्न सरकारी योजनाओं के तहत हितग्राहियों को लाभ पत्र, करोड़ों रुपए के विकास कार्यों का लोकार्पण और भूमिपूजन भी होगा। वर्ष 2026 'कृषक कल्याण वर्ष': आयोजित होगा धान महोत्सव मध्य प्रदेश सरकार द्वारा चालू वर्ष 2026 को कृषक कल्याण वर्ष के रूप में मनाया जा रहा है। इसी कड़ी में खरीफ सीजन की शुरुआत के मौके पर कार्यक्रम स्थल पर 'धान महोत्सव' का भी आयोजन किया जाएगा। इस महोत्सव में अच्छी बारिश, बेहतर पैदावार और अन्नदाताओं की समृद्धि की कामना के साथ ही किसानों को आधुनिक तरीके से धान की बोनी करने का संदेश दिया जाएगा। अंतिम चरण में तैयारियां, विधायक और कलेक्टर ने किया निरीक्षण मुख्यमंत्री के आगमन को लेकर सिवनी जिला प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड पर है। पॉलीटेक्निक कॉलेज मैदान पर वाटरप्रूफ डोम, विशाल मंच, वीआईपी व आम जनता की बैठक व्यवस्था, सुरक्षा बैरिकेडिंग और नियंत्रण कक्ष का निर्माण तेजी से किया जा रहा है। सीएम के हेलीकॉप्टर के लिए हेलीपैड बनाने का काम भी अंतिम चरण में है। तैयारियों का जायजा लेने के लिए स्थानीय विधायक दिनेश राय मुनमुन, कलेक्टर नेहा मीना और पुलिस अधीक्षक कृष्ण लाल चंदानी लगातार कार्यक्रम स्थल का निरीक्षण कर रहे हैं। सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट, बड़ी संख्या में जुटेंगे किसान निरीक्षण के दौरान जिला पंचायत सीईओ अंजली शाह, अपर कलेक्टर सीएल चनाप सहित सभी संबंधित विभागों के जिला अधिकारी मौजूद रहे। कलेक्टर ने सभी वीआईपी और आम नागरिकों के लिए पार्किंग, पेयजल, बिजली और स्वच्छता की पुख्ता व्यवस्था समय पर पूरी करने के निर्देश दिए हैं। मुख्यमंत्री के दौरे को लेकर जिले के किसानों और आम जनता में खासा उत्साह देखा जा रहा है, जिसे देखते हुए कार्यक्रम में भारी भीड़ जुटने की संभावना है।
झालावाड़ में 1 घंटे तक प्री-मानसून की बारिश:भीषण गर्मी और उमस से मिली राहत, निचले इलाकों में भरा पानी
झालावाड़ शहर में सोमवार दोपहर मौसम ने अचानक करवट ली। दोपहर करीब 3 बजे तेज बारिश शुरू हुई, जिससे लोगों को भीषण गर्मी और उमस से राहत मिली। लगभग 1 घंटे तक तेज बारिश हुई, जिसके बाद हल्की बारिश जारी रही। सुबह से ही शहर में तीखी धूप और उमस का मौसम था, जिससे तापमान बढ़ गया था। शनिवार को हुई बारिश के बाद से लगातार उमस बनी हुई थी, जिससे लोगों का घरों से निकलना मुश्किल हो रहा था। दोपहर बाद अचानक आसमान में काले बादल छा गए और तेज बारिश शुरू हो गई। सड़कों पर भरा पानीतेज बारिश के कारण शहर की कई प्रमुख सड़कों पर पानी भर गया। नालियों का गंदा पानी सड़कों पर फैल गया, जिससे जलभराव की स्थिति बन गई। दोपहिया वाहन चालकों और राहगीरों को बीच रास्ते में रुककर दुकानों, छज्जों और अन्य सुरक्षित स्थानों पर शरण लेनी पड़ी। कई जगह यातायात भी कुछ समय के लिए धीमा पड़ गया। जल निकासी व्यवस्था की खुली पोलइस बारिश से किसानों और आमजन को काफी राहत मिली, क्योंकि उन्हें बारिश की आवश्यकता थी। हालांकि इस बारिश ने शहर की जल निकासी व्यवस्था की पोल भी खोल दी, क्योंकि थोड़ी ही देर की बारिश में ही कई स्थानों पर जलभराव हो गया।
कोटा की बेटी दिव्यांशी ने एक बार फिर अंतरराष्ट्रीय मंच पर भारत का गौरव बढ़ाया है। एशियन गेम्स 2026 के लिए चयनित राजस्थान की पहली वुशु खिलाड़ी दिव्यांशी ने चीन के हुबेई प्रांत में 23 से 29 जून तक आयोजित शंघाई कोऑपरेशन ऑर्गेनाइजेशन (SCO) अंतरराष्ट्रीय वुशु चैंपियनशिप में शानदार प्रदर्शन करते हुए रजत पदक अपने नाम किया है। दिव्यांशी के कोच और कोटा वुशु एसोसिएशन के महासचिव अशोक गौतम ने बताया- महाबली स्पोर्ट्स एकेडमी की खिलाड़ी दिव्यांशी ने सेमीफाइनल में मकाऊ की खिलाड़ी को हराकर फाइनल में प्रवेश किया। फाइनल मुकाबले में उनका सामना ईरान की खिलाड़ी से हुआ। बेहद रोमांचक मुकाबले में दिव्यांशी ने कड़ी टक्कर दी, लेकिन मामूली अंतर से हारकर उन्हें रजत पदक से संतोष करना पड़ा। एशियन गेम्स से पहले बड़ी उपलब्धि गौतम ने बताया- यह उपलब्धि एशियन गेम्स से पहले भारतीय टीम के लिए बड़ा आत्मविश्वास बढ़ाने वाली है। वहीं, भारतीय टीम के कोच और अंतरराष्ट्रीय निर्णायक राजेश कुमार टेलर ने भी दिव्यांशी के प्रदर्शन की सराहना करते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। दिव्यांशी की इस सफलता से परिवार में खुशी का माहौल है। माता शशि प्रभा और पिता सुनील कुमार सुंडा ने बेटी की उपलब्धि पर गर्व जताते हुए राजस्थान वुशु संघ और सभी प्रशिक्षकों का आभार व्यक्त किया। राजस्थान वुशु संघ के अध्यक्ष हीरानंद कटारिया, कोटा वुशु संघ के पदाधिकारियों और खेल प्रेमियों ने दिव्यांशी को बधाई देते हुए उम्मीद जताई कि वह एशियन गेम्स 2026 में स्वर्ण पदक जीतकर भारत का तिरंगा विश्व मंच पर शान से लहराएंगी।
कोरबा। कटघोरा वन मंडल के जटगा वन परिक्षेत्र में हाथी के हमले से 40 वर्षीय ग्रामीण संतोष की मौत हो गई। यह घटना धवलपुर जंगल में हुई, जहां हाथी ने संतोष को कुचल दिया। जानकारी के अनुसार, संतोष बीती रात अपनी गायों को चराने के लिए धवलपुर जंगल गया था। उसे इस बात का अंदाजा नहीं था कि जंगल में 18 हाथियों का एक दल विचरण कर रहा है। अचानक एक हाथी ने उस पर हमला कर दिया और उसे जमीन पर पटक दिया। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, हाथी के लगातार हमले से संतोष की मौके पर ही मौत हो गई। 18 हाथियों का यह झुंड लगातार घूम रहा है ग्रामीणों ने बताया कि जटगा वन परिक्षेत्र में पिछले कई दिनों से 18 हाथियों का यह झुंड लगातार घूम रहा है। यह दल फसलों को नुकसान पहुंचाने के साथ-साथ स्थानीय लोगों के लिए भी खतरा बना हुआ है। संतोष की मौत के बाद ग्रामीणों ने वन विभाग से हाथियों को जंगल की ओर भगाने और क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने की मांग की है। हाथी फसल नुकसान के साथ जनहानि भी कर रहे हैं इस घटना ने वन विभाग की चिंताएं बढ़ा दी हैं। वन विभाग के अधिकारियों के अनुसार, कटघोरा वन मंडल में कुल 49 हाथी अलग-अलग क्षेत्रों में विचरण कर रहे हैं। इतनी बड़ी संख्या में हाथियों की मौजूदगी से आसपास के गांवों में खतरा लगातार बढ़ रहा है। हाथी फसल नुकसान के साथ-साथ जनहानि की घटनाओं को भी अंजाम दे रहे हैं। घटना की सूचना मिलते ही वन विभाग और पुलिस की टीम मौके पर पहुंची। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है और परिजनों को आवश्यक सहायता देने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। वन विभाग ने आसपास के सभी गांवों में अलर्ट जारी करते हुए ग्रामीणों को रात के समय, अंधेरे में या अकेले जंगल की ओर न जाने की सख्त हिदायत दी है।
टाटा नेक्सॉन से हो रही थी कफ सिरप की तस्करी:बोरी में भरी मिली 393 शीशियां, गाड़ी छोड़कर भागे तस्कर
मऊगंज जिले की नईगढ़ी पुलिस ने नशे के खिलाफ चलाए जा रहे 'प्रहार-02' अभियान के तहत बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस ने 393 शीशी प्रतिबंधित कफ सिरप जब्त की है। इस कार्रवाई में करीब 12 लाख रुपये की एक टाटा नेक्सॉन कार भी जब्त की गई, हालांकि तस्कर पुलिस को चकमा देकर फरार हो गए। यह कार्रवाई रीवा आईजी के निर्देश पर विंध्य क्षेत्र में चल रहे 'प्रहार-02' अभियान का हिस्सा है। जब्त की गई 393 शीशी नशीली कफ सिरप की कीमत 79,190 रुपये बताई गई है। इसके साथ ही, लगभग 12 लाख रुपये मूल्य की टाटा नेक्सॉन कार (MP 53 ZG 3065) भी जब्त की गई, जिससे कुल 12.79 लाख रुपये का मशरूका बरामद हुआ। नईगढ़ी थाना प्रभारी गोविंद तिवारी ने बताया कि सोमवार को मुखबिर से सूचना मिली थी। सूचना के अनुसार, कटरा से मऊगंज की ओर एक ग्रे रंग की टाटा नेक्सॉन कार में अवैध नशीली कफ सिरप बिक्री के लिए लाई जा रही थी। इस सूचना पर उप निरीक्षक गोविंद प्रसाद तिवारी के नेतृत्व में एक पुलिस टीम ने पहिलपार मोड़ के पास वाहन चेकिंग शुरू की। चेकिंग के दौरान, संदिग्ध कार को रोकने का इशारा किया गया, लेकिन चालक ने रफ्तार बढ़ा दी। भागने के प्रयास में कार सड़क किनारे एक खंभे से टकरा गई, फिर भी आरोपी वाहन लेकर ग्राम कोट की ओर भागे। दहिया नाला के पास आरोपियों ने कार छोड़ दी और अंधेरे का फायदा उठाकर फरार हो गए। पुलिस ने पीछा किया, लेकिन उन्हें पकड़ नहीं पाई। पुलिस ने कार की तलाशी ली, जिसमें डिग्गी में रखी दो बोरियों से 393 शीशी नशीली कफ सिरप बरामद हुई। आरोपियों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट की धारा 8, 21, 22 और ड्रग्स कंट्रोल एक्ट की धारा 5/13 के तहत मामला दर्ज किया गया है। पुलिस ने फरार आरोपियों की तलाश शुरू कर दी है और मामले की विवेचना जारी है।
अजमेर की रनर सूफिया सूफी ने कहा कि क्षेत्र कोई भी हो, जीवन में सफलता के लिए मजबूत मानसिकता और सकारात्मक सोच सबसे बड़ी ताकत होती है। खुद पर विश्वास रखें और कड़ी मेहनत करें। खेल एक ऐसी चीज है जो जीवन में किसी भी प्रकार की लत या हताशा से बाहर निकलने में मदद करती है। इसलिए शारीरिक वर्कआउट बेहद जरूरी है। उन्होंने अपनी 5 हजार किलोमीटर की दौड़ भारतीय सेना को समर्पित बताते हुए इसे देश के वीर जवानों के सम्मान का प्रतीक बताया। इस दौरान बच्चों और युवाओं से मोबाइल की लत से दूर रहने, खेलों से जुड़ने और स्वस्थ जीवनशैली अपनाने का आह्वान किया। दरअसल, सोमवार को 5 हजार किलोमीटर की दौड़ पूरी कर गिनीज बुक ऑफ रिकॉर्ड में नाम दर्ज कराने की दिशा में आगे बढ़ रही सूफिया अजमेर पहुंचीं। इस दौरान सूफिया का हार्टफुलनेस संस्थान और टीम ग्रीन हार्टफुलनेस रन की ओर से पटेल स्टेडियम में अभिनंदन किया गया। अजमेर सहित पूरा राजस्थान स्पोर्ट्स कल्चर से दूर पत्रकारों से बात करते हुए सूफिया ने कहा कि स्पोर्ट्स का कल्चर अजमेर के साथ-साथ पूरे राजस्थान में नहीं है और इसे देखकर बढ़ा दुख होता है। आज के समय में बच्चे मोबाइल फोन में रील्स स्क्रॉल करने में लगे रहते हैं। उन्हें अपनी इस आदत और मानसिकता को बदलने की जरूरत है। वे जितना ज्यादा मोबाइल से दूर रहेंगे और शारीरिक गतिविधियों पर ध्यान देंगे, उतना ही अपनी सेहत को बेहतर बना पाएंगे। अब तक 5 वर्ल्ड रिकॉर्ड बना चुकी सूफिया इस दौरान उन्होंने कहा कि वे इन दिनों ‘रन अक्रॉस इंडिया'' अभियान के तहत कन्याकुमारी से लद्दाख के काराकोरम तक दौड़ रही हैं। अब तक वे 2900 किमी की दूरी तय कर चुकी हैं और आज अजमेर पहुंचीं हैं। वे अब तक पांच विश्व रिकॉर्ड बना चुकी हैं। यह उनका छठा गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड होगा। 12 मई को कन्याकुमारी से शुरू हुई दौड़ जुलाई में पूरा करने का लक्ष्य सूफिया ने बताया- 12 मई को कन्याकुमारी से दौड़ शुरू की थी। जुलाई तक इसे पूरा करने का लक्ष्य है। वे रोजाना 65 से 70 किलोमीटर दौड़ती हैं, जिसे पूरा करने में करीब 8 घंटे लगते हैं। उनकी दौड़ का उद्देश्य युवाओं को अपने सपनों के लिए आगे बढ़ने की प्रेरणा देना है। उन्होंने अपनी यात्रा का हर किलोमीटर देश के वीर सैनिकों को समर्पित किया है। ---------------------------------- पढें ये खबर भी… राजस्थान की सूफिया 98 घंटे तक खतरनाक पहाड़ों पर दौड़ीं:गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड में दर्ज हुआ नाम, पहले भी मनाली-लेह के रास्ते पर की थी रनिंग अजमेर की रनर सूफिया सूफी (40) ने एक और गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड अपने नाम कर लिया है। सूफिया सूफी ने हिमाचल प्रदेश के मनाली से लेह तक 430 किलोमीटर की दूरी 98 घंटे 27 मिनट में पूरी की। सूफिया सूफी इससे पहले 4 रिकॉर्ड बना चुकी हैं। (पूरी खबर पढ़ें…)
पंचकूला पुलिस की डिटेक्टिव स्टाफ टीम ने कालका क्षेत्र से एक युवक को अवैध देसी कट्टा और एक जिंदा कारतूस के साथ गिरफ्तार किया है। आरोपी के खिलाफ पहले से मारपीट के दो आपराधिक मामले दर्ज हैं। पुलिस ने आरोपी को कोर्ट में पेश करने के बाद न्यायिक हिरासत में भेज दिया है, जबकि हथियार सप्लाई करने वाले की तलाश जारी है। डिटेक्टिव स्टाफ को गुप्त सूचना मिली थी कि कालका निवासी 33 वर्षीय निखिल चौरसिया टिपरा बाइपास से ग्रीन वैली घाटीवाला रोड पर अवैध हथियार लेकर किसी का इंतजार कर रहा है। सूचना मिलते ही इंचार्ज तजिंदर पाल सिंह के नेतृत्व में टीम ने मौके पर पहुंचकर घेराबंदी की और आरोपी को दबोच लिया। जेब से देसी कट्टा और जिंदा कारतूस बरामद डीसीपी क्राइम एंड ट्रैफिक अमरिंदर सिंह ने बताया कि तलाशी के दौरान आरोपी की जेब से एक अवैध देसी कट्टा और एक जिंदा कारतूस बरामद हुआ। पूछताछ के दौरान आरोपी हथियार रखने संबंधी कोई वैध लाइसेंस या परमिट प्रस्तुत नहीं कर सका। इसके बाद कालका थाना में आर्म्स एक्ट की धारा 25(1B)(A) के तहत केस दर्ज कर लिया गया। पूछताछ में हथियार खरीदने का किया खुलासा प्रारंभिक पूछताछ में आरोपी ने अवैध हथियार खरीदने की बात स्वीकार की है। पुलिस अब उस व्यक्ति की पहचान करने में जुटी है, जिसने आरोपी को हथियार उपलब्ध कराया। मामले की जांच आगे बढ़ाई जा रही है और जल्द ही सप्लायर तक पहुंचने का दावा किया जा रहा है। 2 आपराधिक केस पहले से दर्ज जांच में यह भी सामने आया कि आरोपी के खिलाफ पहले से मारपीट के दो आपराधिक केस दर्ज हैं। पुलिस आरोपी के आपराधिक रिकॉर्ड और उसके संपर्कों की भी पड़ताल कर रही है। यदि किसी व्यक्ति के पास अवैध हथियार होने, अपराधियों की गतिविधियों या किसी भी संदिग्ध गतिविधि की जानकारी हो तो तुरंत पुलिस को सूचित करें।
ग्वालियर के महाराजपुरा थाना क्षेत्र में रविवार रात पुराने जमीन विवाद को लेकर किसान के बेटे पर जानलेवा हमला कर दिया गया। गोकुलधाम के सामने घुरैया मार्केट में घात लगाकर बैठे पांच बदमाशों ने युवक को सरेराह घेर लिया और लोहांगी, लोहे के सरियों व लाठियों से तब तक बेरहमी से पीटा, जब तक उसके दोनों हाथ और दोनों पैर टूट नहीं गए। हमले में युवक के सिर पर भी गंभीर चोट आई है। गंभीर हालत में उसे जयारोग्य अस्पताल (जेएएच) के आईसीयू में भर्ती कराया गया है, जहां उसकी हालत नाजुक बनी हुई है। काम से लौटते समय रास्ते में घेरा पिंटो पार्क की शिव कॉलोनी निवासी 63 वर्षीय किसान लोटन सिंह गुर्जर ने महाराजपुरा थाने में दर्ज शिकायत में बताया कि वह अपने बेटे मंदीप गुर्जर के साथ खेती-किसानी करते हैं। रविवार रात मंदीप किसी काम से घुरैया मार्केट गया था। काम खत्म कर जैसे ही वह गोकुलधाम के सामने से घर लौट रहा था, तभी गांव के ही लाखन गुर्जर, बलवीर गुर्जर, धर्मेंद्र गुर्जर और दो अन्य लोगों ने उसे रोक लिया। आरोपियों ने पुराने जमीन विवाद को लेकर गाली-गलौज शुरू कर दी। मंदीप ने विरोध किया तो पांचों ने मिलकर उस पर हमला बोल दिया। कार से पहुंचे साथी, फिर बरसाए लोहे के सरिए शिकायत के मुताबिक, शुरुआत में लाखन, बलवीर और धर्मेंद्र ने लोहांगी (लोहे की पट्टी लगी लाठी), डंडों और लात-घूंसों से मंदीप की पिटाई शुरू कर दी। इसी दौरान उनके दो साथी सूरज गुर्जर और रामवीर गुर्जर कार से मौके पर पहुंचे। उनके हाथों में लोहे के भारी सरिए थे। पांचों आरोपियों ने मंदीप को जमीन पर पटक दिया और उसके हाथ, पैर तथा सिर को निशाना बनाकर ताबड़तोड़ सरियों और लाठियों से हमला किया। हमले में मंदीप के दोनों हाथ और दोनों पैर टूट गए, जबकि सिर पर भी गंभीर चोट आई। पिता को आते देख फरार हुए आरोपी इसी दौरान बेटे की तलाश करते हुए लोटन सिंह गुर्जर भी मौके पर पहुंच गए। उन्होंने देखा कि उनका बेटा लहूलुहान हालत में सड़क पर बेसुध पड़ा है। आरोपियों ने उसे मृत समझ लिया और कट्टा व अन्य हथियार लहराते हुए मौके से फरार हो गए। घायल मंदीप को तत्काल जयारोग्य अस्पताल ले जाया गया, जहां उसकी गंभीर स्थिति को देखते हुए आईसीयू में भर्ती किया गया है। आरोपियों की तलाश में पुलिस महाराजपुरा थाना प्रभारी यशवंत गोयल ने बताया कि पीड़ित के पिता की शिकायत पर आरोपियों के खिलाफ गंभीर धाराओं में मामला दर्ज कर लिया गया है। सभी आरोपी फिलहाल फरार हैं। उनकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस की टीमें संभावित ठिकानों पर लगातार दबिश दे रही हैं। पुलिस का कहना है कि आरोपियों को जल्द गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
रीवा एसपी गुरुकरण सिंह ने दावा किया है कि CM हेल्पलाइन का कई लोग दुरुपयोग कर रहे हैं। उनके अनुसार, एक ही समस्या को लेकर अलग-अलग नाम और मोबाइल नंबर से बार-बार शिकायतें दर्ज कराई जा रही हैं। इससे पुलिस और अन्य विभागों पर अनावश्यक दबाव बढ़ रहा है। एसपी ने कहा कि कई शिकायतें अपूर्ण जानकारी के साथ दर्ज कराई जाती हैं। कई मामलों में शिकायतकर्ता से संपर्क नहीं हो पाता या वह मौके पर उपलब्ध नहीं होता। इससे शिकायतों के निराकरण में परेशानी आती है। उन्होंने कहा कि कई शिकायतें समस्या के समाधान की बजाय दबाव बनाने का माध्यम बनती नजर आती हैं। पहले ही पुलिस बल की कमी, अनावश्यक शिकायतों से बढ़ रहा बोझएसपी के मुताबिक, पुलिस विभाग पहले से ही बल की कमी और बढ़ते कार्यभार की समस्या से जूझ रहा है। ऐसे में फर्जी, अपूर्ण या अनावश्यक शिकायतें विभाग के लिए अतिरिक्त बोझ बन रही हैं। इसका असर वास्तविक और गंभीर शिकायतों के निराकरण पर भी पड़ता है। रीवा एसपी की इस चेतावनी के बाद उन विभागों और अधिकारियों को कुछ राहत मिली है, जिन पर CM हेल्पलाइन की लंबित शिकायतों का दबाव अधिक रहता है। खासकर ऐसे विभाग, जहां शिकायतों के जल्द निराकरण और रैंकिंग सुधारने का लगातार दबाव बना रहता है। गौरतलब है कि CM हेल्पलाइन शिकायतों की मॉनिटरिंग भोपाल स्तर से की जाती है। इसकी साप्ताहिक रिपोर्ट सीधे मुख्यमंत्री तक पहुंचती है। शिकायतों के समय पर और संतोषजनक निराकरण में लापरवाही या रैंकिंग में खराब प्रदर्शन होने पर संबंधित अधिकारियों को फटकार का सामना भी करना पड़ता है। ऐसे में बेहतर रैंकिंग बनाए रखने का दबाव कई बार निचले स्तर पर विवाद और अनियमितताओं की वजह बन जाता है। फर्जी शिकायतों के मामले सामने आएहाल ही में मऊगंज में रैंकिंग सुधारने के लिए फर्जी शिकायतें दर्ज कराने का मामला सामने आया था। इस मामले ने सिस्टम की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े किए थे। एसपी गुरुकरण सिंह ने स्पष्ट किया कि CM हेल्पलाइन जनहित के लिए बनाई गई व्यवस्था है। इसका उद्देश्य लोगों की समस्याओं का समाधान करना है। उन्होंने कहा कि व्यवस्था का दुरुपयोग करने वालों के खिलाफ नियमानुसार वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। इस मामले से जुड़ी यह खबर भी पढ़ें… कुंवारे युवक की 20 साल की बेटी लापता:FIR लिखकर समाधान भी कियामध्य प्रदेश की मऊगंज पुलिस रैंकिंग सुधारने के लिए खुद शिकायतकर्ता बनकर सीएम हेल्पलाइन-181 में फर्जी शिकायतें दर्ज करा रही है। रिकॉर्ड में दिखाने के लिए फर्जी शिकायत की तुरंत बाद समाधान भी कर दे रही है। भास्कर डिजिटल की पड़ताल में खुलासा हुआ है। भास्कर की पड़ताल में ऐसे रिकॉर्ड सामने आए हैं, जिसने मऊंगज पुलिस को कटघरे में खड़ा कर दिया है। जांच में महज 21 मोबाइल नंबरों से 233 शिकायतें दर्ज मिलीं, जिनमें कई नामों पर कुछ ही मिनटों के भीतर अलग-अलग गंभीर मामलों की शिकायतें अपलोड कर दी गईं। पूरी खबर पढ़ें…
मोगा के कोट ईसे खां इलाके में एक भीषण सड़क हादसे में एक युवक की जान चली गई। तेज रफ्तार अज्ञात मोटरसाइकिल चालक ने एक एक्टिवा स्कूटर को पीछे से जोरदार टक्कर मार दी, जिससे उस पर सवार युवक गंभीर रूप से घायल हो गया और बाद में इलाज के दौरान उसने दम तोड़ दिया। पुलिस ने अज्ञात वाहन चालक के खिलाफ मामला दर्ज कर उसकी तलाश शुरू कर दी है। मृतक की पहचान हरवीर सिंह के रूप में हुई है, जो लुधियाना जिले की जगराओं तहसील के गांव कोटली का रहने वाला था और उसके पिता का नाम हरचंद सिंह है। जानकारी के अनुसार, 26 जून को हरवीर सिंह अपनी एक्टिवा स्कूटर पर कोट ईसे खां में अपना काम निपटाकर वापस घर लौट रहा था। स्कूल के पास हुआ हादसा दोपहर करीब 1:30 बजे, जब हरवीर सिंह धर्मकोट रोड पर स्थित पाथवे स्कूल के पास पहुंचा, तो पीछे से आ रहे एक अज्ञात मोटरसाइकिल चालक ने लापरवाही और तेज रफ्तार से चलाते हुए उसकी एक्टिवा को टक्कर मार दी। टक्कर इतनी जोरदार थी कि हरवीर सड़क पर गिर गया और उसे गंभीर चोटें आईं। हादसे के तुरंत बाद घायल हरवीर सिंह को इलाज के लिए कोट ईसे खां के हरबंस नर्सिंग होम में भर्ती कराया गया, लेकिन गंभीर चोट के कारण उसकी इलाज के दौरान मौत हो गई। मृतक के पिता हरचंद सिंह के बयानों के आधार पर थाना कोट ईसे खां की पुलिस ने अज्ञात मोटरसाइकिल चालक के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 106 के तहत केस दर्ज कर लिया है। मामले की जांच कर रहे सब-इंस्पेक्टर जसविंदर सिंह ने बताया कि फरार आरोपी की धरपकड़ के लिए पुलिस लगातार छापेमारी कर रही है।
गौरेला-पेंड्रा-मरवाही संत कबीर दास जी की जयंती के अवसर पर उनकी ऐतिहासिक तपस्थली 'कबीर चबूतरा' श्रद्धालुओं और पर्यटकों के आकर्षण का केंद्र बनी हुई है। छत्तीसगढ़ के गौरेला-पेंड्रा-मरवाही जिले और मध्य प्रदेश की सीमा पर स्थित यह पवित्र स्थल मां नर्मदा के उद्गम स्थल अमरकंटक से करीब पांच किलोमीटर दूर है। जयंती के मौके पर बड़ी संख्या में श्रद्धालु यहां पहुंचकर कबीर कुटी, कबीर कुण्ड और कबीर वटवृक्ष के दर्शन कर रहे हैं।मान्यता है कि वर्ष 1569 में जगन्नाथ पुरी की यात्रा के दौरान संत कबीर दास जी इस स्थान पर पहुंचे थे। 500 साल पुरानी तपस्थली से जुड़ी है ऐतिहासिक मान्यता यहां की दिव्यता से प्रभावित होकर उन्होंने कुछ समय तक ध्यान-साधना की। उनके प्रमुख शिष्य धर्मदास महाराज ने भी इसी स्थान पर उनसे शिक्षा प्राप्त की और बाद में कबीरपंथ के प्रचार-प्रसार की जिम्मेदारी संभाली। करीब 500 वर्ष पुराना यह आश्रम वर्तमान में बलौदा बाजार जिले के दामाखेड़ा स्थित कबीरपंथ गद्दी के अधीन संचालित है। यह स्थल देश-विदेश से आने वाले कबीरपंथियों के साथ-साथ पर्यटकों के लिए भी आस्था, आध्यात्मिकता और सामाजिक समरसता का प्रमुख केंद्र माना जाता है। जयंती पर प्रशासनिक आयोजन नहीं होने से नाराजगी संत कबीर दास जी की जयंती के अवसर पर जिले में प्रशासन की ओर से कोई विशेष कार्यक्रम आयोजित नहीं किया गया। इसे लेकर सोशल मीडिया पर लोगों ने नाराजगी जताई। लोगों का कहना है कि गौरेला के आमडोब क्षेत्र के पास स्थित कबीर चबूतरा संत कबीर के प्रवास से जुड़ा ऐतिहासिक स्थल है और इसकी विरासत को संरक्षित करने के लिए प्रशासन को कम से कम जयंती के अवसर पर एक औपचारिक आयोजन करना चाहिए था। स्थानीय लोगों का मानना है कि संत कबीर दास जी की शिक्षाएं सामाजिक समरसता, समानता और भाईचारे का संदेश देती हैं। ऐसे में उनकी तपस्थली पर प्रशासनिक स्तर पर आयोजन होने से नई पीढ़ी को भी उनके विचारों और योगदान से परिचित कराया जा सकता था।
शिवपुरी जिले के पिछोर तहसील में 19 जून को एक घटना के संबंध में लोधी युवा शक्ति संगठन ने सोमवार को कलेक्टर और पुलिस अधीक्षक को ज्ञापन सौंपा है। संगठन ने खनिज विभाग की कार्रवाई के दौरान युवक मंगल लोधी के साथ कथित मारपीट, अभद्र व्यवहार और मोबाइल छीनने का आरोप लगाया। उन्होंने खनिज निरीक्षक ऋषभ सिंह दीक्षित को तत्काल निलंबित करने, एफआईआर दर्ज करने और मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की। संगठन के सदस्य कपूर लोधी ने बताया कि 19 जून को पत्थर से भरी एक ट्रैक्टर-ट्रॉली पर कार्रवाई चल रही थी। इस दौरान मौके पर मौजूद कई लोग अपने मोबाइल से वीडियो बना रहे थे। मंगल लोधी भी घटना की रिकॉर्डिंग कर रहे थे। आरोप है कि खनिज निरीक्षक ऋषभ सिंह दीक्षित ने उनका मोबाइल छीन लिया। जब मंगल लोधी ने अपना मोबाइल वापस मांगा, तो उनके साथ कथित तौर पर अभद्र व्यवहार किया गया, थप्पड़ मारा गया और धक्का-मुक्की की गई। बोले- गलत ढंग से FIR कराई गईसंगठन का दावा है कि इस पूरे घटनाक्रम का वीडियो उपलब्ध है। इसके बावजूद, खनिज निरीक्षक के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की गई। इसके विपरीत, मंगल लोधी के खिलाफ शासकीय कार्य में बाधा डालने का आरोप लगाते हुए मामला दर्ज कर दिया गया। ज्ञापन में 112 डायल वाहन के उपयोग की भी जांच की मांग की गई है। संगठन ने यह स्पष्ट करने को कहा है कि वाहन का उपयोग किस आदेश और वैधानिक प्रक्रिया के तहत किया गया था। यदि जांच में कोई अनियमितता पाई जाती है, तो संबंधित अधिकारियों के खिलाफ भी कार्रवाई की जानी चाहिए।मांग- निष्पक्ष अधिकारी से कराई जाएजिला पंचायत सदस्य सियाराम लोधी ने मांग की कि इस पूरे मामले की जांच किसी वरिष्ठ और निष्पक्ष अधिकारी से कराई जाए। उन्होंने यह भी कहा कि जांच पूरी होने तक खनिज निरीक्षक को निलंबित किया जाना चाहिए। यदि आरोप सही पाए जाते हैं, तो उनके खिलाफ एफआईआर दर्ज कर सख्त कानूनी कार्रवाई की जाए। साथ ही, यदि मंगल लोधी के खिलाफ दर्ज प्रकरण जांच में गलत साबित होता है, तो उसे निरस्त किया जाए। संगठन ने चेतावनी दी कि यदि सात दिनों के भीतर उचित कार्रवाई नहीं की गई, तो वे लोकतांत्रिक तरीके से आगामी मुख्यमंत्री के कार्यक्रम में आंदोलन करेंगे। उन्होंने कहा कि इस मामले को उच्च अधिकारियों के समक्ष भी उठाया जाएगा। पुलिस बोली- मामले की जांच जारीइस मामले में पिछोर थाना प्रभारी नीतू सिंह अहिरवार का कहना है कि पुलिस ने खनिज विभाग के आवेदन पर प्रकरण दर्ज कर कार्रवाई की थी। पूरे मामले की जांच की जा रही है और जांच के आधार पर आगे की वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। निरीक्षक बोले- वीडियो काट-छांटकर पेश कियावहीं खनिज निरीक्षक ऋषभ सिंह दीक्षित ने अपने ऊपर लगाए गए आरोपों को निराधार बताया है। उनका कहना है कि कार्रवाई के दौरान मौके पर जानबूझकर विवाद की स्थिति बनाई गई थी। जो वीडियो वायरल किया जा रहा है, उसे काट-छांटकर पेश किया गया है। उनका दावा है कि एक अन्य वीडियो भी मौजूद है, जिसमें मंगल लोधी जब्त की गई ट्रैक्टर-ट्रॉली को ले जाने से रोकते हुए दिखाई दे रहा है। ऋषभ दीक्षित ने यह भी कहा कि मंगल लोधी के खिलाफ पहले से आधा दर्जन से अधिक आपराधिक मामले दर्ज हैं। उन्होंने बताया कि अब तक जब्त ट्रैक्टर-ट्रॉली के स्वामित्व संबंधी दस्तावेज भी प्रस्तुत नहीं किए गए हैं, जिससे यह स्पष्ट नहीं हो सका है कि संबंधित वाहन किसका है।
गोरखपुर में सोमवार को हुई हल्की बारिश के बाद जल निकासी को लेकर वार्ड नंबर 16 दिग्विजयनगर के पार्षद ऋषि मोहन वर्मा और वार्ड नंबर 27 जटेपुर के पार्षद पवन सिंह के बीच विवाद हो गया। पहले दोनों के बीच बहस हुई, फिर मामला नोकझोंक तक पहुंच गया। दोनों वार्डों के लोग भी मौके पर इकट्ठा हो गए। स्थिति बिगड़ती देख नगर निगम के अधिकारियों को मौके पर पहुंचकर हस्तक्षेप करना पड़ा। देखिए 2 तस्वीरें वैकल्पिक नाले में पानी मोड़ने से शुरू हुआ विवाद बारिश के कारण हड़हवा फाटक क्रॉसिंग, सकेतनगर और आसपास के इलाकों में जलभराव हो गया था। पानी निकालने के लिए नगर निगम के सफाई कर्मचारियों के साथ वार्ड 16 के पार्षद ऋषि मोहन वर्मा ने पानी को एक वैकल्पिक नाले की ओर मोड़ दिया। इसके बाद पानी का बहाव वार्ड नंबर 27 के कई मोहल्लों की तरफ जाने लगा। इसे लेकर जटेपुर वार्ड के पार्षद पवन सिंह ने विरोध जताया। देखते ही देखते दोनों पक्षों के बीच बहस तेज हो गई। इस दौरान कई जगह लोगों के घरों तक भी पानी पहुंचने लगा। नगर आयुक्त के निर्देश पर मौके पर पहुंची टीम स्थिति बिगड़ने पर पार्षद ऋषि मोहन वर्मा ने नगर आयुक्त अजय जैन से पूरे मामले की जानकारी दी। नगर आयुक्त ने तुरंत संज्ञान लेते हुए नगर निगम की टीम को मौके पर भेजा। मौके पर नगर निगम के जेई विवेकानंद सिंह, सेतु निगम के प्रोजेक्ट मैनेजर ए.के. सिंह और सहायक अभियंता सत्येंद्र सिंह भी पहुंचे। अधिकारियों ने दोनों पक्षों की बात सुनी और विवाद को शांत कराया। 10 दिन में नाले का काम पूरा करने का आश्वासन अधिकारियों ने दोनों पार्षदों को आश्वासन दिया कि निर्माणाधीन नाले का काम अगले 10 दिनों के भीतर पूरा करा दिया जाएगा। इसके बाद जलभराव की समस्या काफी हद तक खत्म हो जाएगी। तब तक के लिए वार्ड का पानी वैकल्पिक नाले के जरिए ही निकाला जाएगा। क्या बोले वार्ड के पार्षद वार्ड नंबर 16 दिग्विजयनगर के पार्षद ऋषि मोहन वर्मा ने कहा कि–नगर आयुक्त ने सेतु निगम एवं लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों से वार्ता करके अति शीघ्र नालों के निर्माण को पूर्ण करने की बात कही है। हड़हवाफाटक क्रासिंग के निकट सेतु निगम फोरलेन योजना के अंतर्गत नाला निर्माण कर रहा है जो अभी अधूरा है। साकेतनगर तक नगर निगम के द्वारा बनाए गए नाले का पानी जल निगम के नाले में भविष्य में मिलना है। परंतु नाला निर्माण अधूरा होने के कारण जलनिकासी की वैकल्पिक व्यवस्था हेतु पाइप डालकर पानी निकाला जा रहा है। भारी बारिश के बाद जलभराव होने पर आज उसी वैकल्पिक नाले का इस्तेमाल किया जा रहा था, इसी पर विवाद शुरू हुआ। वार्ड नंबर 27 जटेपुर के पार्षद पवन सिंह ने कहा कि–चार अन्य वॉर्डो का पानी हमारे वार्ड में नाला का निर्माण करा कर जोड़ दिया गया है लेकिन निकासी का उचित प्रबंध नहीं होने के कारण वार्ड जटेपुर वार्ड 27 सामान्य दिनों में डूब जाता है। हमारे सुभाष नगर कॉलोनी, चित्रगुप्त नगर, शास्त्री नगर जैसे इलाके डूब जाते हैं। जिसके वजह से बरसात के समय तो और दिक्कत हो रही हैं। अगर नाले का निकासी सही होती तो वार्ड में जल भराव नहीं होता। पूर्व में मुख्यमंत्री को भी अवगत कराया गया, जिसको लेकर नगर आयुक्त का वार्ड में सर्वे भी हुआ लेकिन अभी तक कोई कार्रवाई नही हुई और उसी को लेकर आज वैकल्पिक व्यवस्था जबरदस्ती ऋषि मोहन वर्मा द्वारा संचालित की जा रही थी। जिसके हमारा वार्ड और डूब जाता। जिसको लेकर बहस हुई। नवबत यहा तक पहुँच गई की निगम एटीएस को बुलाना पड़ा और नगर निगम के जेई विवेकानंद सिंह तथा सेतु निगम के प्रोजेक्ट मैनेजर से बात हुई और नगर आयुक्त के द्वारा जल्द कार्य पूर्ण कराने का निर्देश पीडब्ल्यूडी और सेतु निगम को दिया गया। अगर नाले का निकासी सही तरीके से नही हुआ तो जटेपुर डूब जाएगा।
छत्तीसगढ़ के धमतरी जिले में मछली कारोबारी की मजदूरों ने हत्या कर दी। मजदूरी बढ़ाने की मांग पूरी नहीं होने और कारोबारी के बर्ताव से नाराज मजदूरों ने उस पर चाकू से 40 से अधिक बार वार कर उसे मार डाला। हमले में कारोबारी के शरीर पर कई जगह चोट के निशान मिले। यहां तक उसकी अतड़ियां भी बाहर आ गई थी। वारदात के बाद आरोपी 37 हजार रुपए लेकर फरार हो गए। पुलिस ने मामले की जांच के बाद दो नाबालिगों समेत पांच आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। मामले में आगे की कार्रवाई की जा रही है। यह मामला नगरी थाना क्षेत्र के गोरेगांव गांव का है। पहले देखिए तस्वीरें अब जानिए पूरा मामला यह वारदात 27 जून की रात हुई। जानकारी के अनुसार, विपलभ मंडल (55) गरियाबंद जिले के बोइरगांव दर्रीपारा में रहकर मछली का कारोबार करते थे। घटना के समय वह अपने कर्मचारी चुम्मन यादव के साथ दुकान बंद कर घर लौट रहे थे। गोरेगांव के पास पहले से घात लगाए हमलावरों ने उनका रास्ता रोक लिया। हमलावरों ने पहले विपलभ मंडल के सिर पर हमला किया। इसके बाद कर्मचारी चुम्मन यादव की आंखों में मिर्च पाउडर झोंक दिया। चुम्मन किसी तरह जान बचाकर मौके से भाग निकला। इसके बाद आरोपियों ने विपलभ मंडल पर दो चाकुओं से लगातार 40 से अधिक बार हमला किया। इस हमले में कारोबारी के शरीर पर कई जगह चोट के निशान मिले। वहीं कारोबारी की अतड़ियां भी बाहर आ गई थी। घटना की जानकारी मिलने पर ग्रामीण मौके पर पहुंचे और गंभीर रूप से घायल कारोबारी को नगरी अस्पताल पहुंचाया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची और घटनास्थल का निरीक्षण कर जांच शुरू की। जांच में पता चला कि मछली कारोबारी की हत्या उनके फिश फार्म में काम करने वाले मजदूरों ने की है। दो नाबालिगों समेत पांच आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। मजदूरी नहीं बढ़ाने से नाराज थे मजदूर पुलिस ने बताया कि विप्लव मंडल एक निजी फिश फार्म चलाते थे और गिरफ्तार सभी आरोपी वहीं मजदूरी करते थे। मजदूरों ने मजदूरी बढ़ाने की मांग की थी, लेकिन उनकी बात नहीं मानी गई। पुलिस के मुताबिक, आरोपियों का यह भी कहना है कि कारोबारी अक्सर उनके साथ गलत तरीके से पेश आते थे और गाली-गलौज करते थे। इसी बात को लेकर वे काफी समय से नाराज थे। पुलिस के अनुसार, इसी रंजिश में आरोपियों ने 25 जून 2026 को हत्या की योजना बनाई थी, लेकिन उस दिन वे अपने इरादे में सफल नहीं हो सके। 25 जून को भी बनाया था हत्या का प्लान पुलिस ने बताया कि 25 जून को योजना पूरी नहीं होने के बाद आरोपियों ने 27 जून को फिर से हत्या की वारदात को अंजाम देने का फैसला किया। उन्होंने पहले से कारोबारी की हर गतिविधि पर नजर रखी। जैसे ही पता चला कि वह नगरी बाजार से मछली बेचकर लौट रहा है, सभी आरोपी गोरेगांव-भैंसमुड़ा रोड के सुनसान जंगल में छिपकर उसका इंतजार करने लगे। वहां पहुंचते ही उन्होंने लकड़ी के डंडों और चाकुओं से हमला कर उसकी हत्या कर दी। वारदात के बाद आरोपी कारोबारी के पास से 37 हजार रुपए और मोबाइल लेकर फरार हो गए। बाद में उन्होंने लूट की रकम आपस में बांट ली। जांच के दौरान पुलिस ने टंकेश्वर नेताम उर्फ मयंक नेताम (19), सुरेंद्र यादव (26) और जगदीश विश्वकर्मा (50) को गिरफ्तार कर लिया। तीनों गरियाबंद जिले के मैनपुर थाना क्षेत्र के बोईरगांव के रहने वाले हैं। गिरफ्तार आरोपियों को कोर्ट में पेश कर जेल भेजा जा रहा है। वहीं, इस मामले में शामिल दो नाबालिगों को किशोर न्याय बोर्ड के सामने पेश किया जाएगा। वहीं पुलिस ने कर्मचारी चुम्मन यादव को भी सह आरोपी बनाया है। पुलिस ने आरोपियों और नाबालिगों के कब्जे से लूटी गई कुल 37,800 रुपए, 6 मोबाइल फोन, 2 लोहे के चाकू और 2 मोटरसाइकिलें जब्त की हैं। ………………………. इससे जुड़ी ये खबर भी पढ़ें… कॉन्स्टेबल की पत्नी-बेटे को 32 बार चाकू गोदकर मारा:घर आई युवती ने पहले खाना खाया, फिर किया वार; पति से था अफेयर छत्तीसगढ़ के दुर्ग में युवती ने घर घुसकर आरक्षक की पत्नी और उसके 9 साल के बेटे की चाकू मारकर हत्या कर दी। आरोपी ने महिला पर 18 और सो रहे बच्चे पर चाकू से 14 वार किए। मामला सुपेला थाना क्षेत्र के STF कॉलोनी का है। इस हमले में 2 बेटियां गंभीर रूप से घायल हुई है। एक बेटी ने बाथरूम में छिपकर अपनी जान बचाई। पढ़ें पूरी खबर…
गुरुग्राम से विधायक मुकेश शर्मा ने दिल्ली में रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह से मुलाकात की। उन्होंने गुरुग्राम की विभिन्न जनहित समस्याओं पर विस्तृत चर्चा की और एक ज्ञापन सौंपा। विधायक शर्मा ने गुरुग्राम में 900 मीटर आयुध भंडार प्रतिबंधित क्षेत्र का मुद्दा प्रमुखता से उठाया। उन्होंने आग्रह किया कि पंजाब एवं हरियाणा उच्च न्यायालय की टिप्पणी के अनुरूप वर्तमान परिस्थितियों के आधार पर नई अधिसूचना जारी की जाए। इस कदम से गुरुग्राम के 2 लाख से अधिक नागरिकों को राहत मिलेगी। साथ ही, प्रतिबंधित क्षेत्र के प्रभावित इलाकों को नगर निगम की नियमित विकास योजनाओं में शामिल कर सड़क, सीवर, ड्रेनेज और स्ट्रीट लाइट जैसी मूलभूत नागरिक सुविधाएं प्रदान की जा सकेंगी। शीतला माता रोड पर फ्लाईओवर बनाने का अनुरोध किया उन्होंने सीआरपीएफ चौक से कामधेनु गौशाला तक पुराने नजफगढ़ रोड पर एलिवेटेड रोड और फ्लाईओवर के निर्माण के लिए भी अनुरोध किया। इसके लिए रक्षा मंत्रालय से सहयोग, आवश्यक एनओसी और समन्वय उपलब्ध कराने की मांग की गई, ताकि शीतला माता रोड पर लगने वाले ट्रैफिक जाम से राहत मिल सके। विधायक ने सेक्टर 17ए-17बी के बीच स्थित एयरफोर्स गेट को आवश्यक सुरक्षा व्यवस्था के साथ आम नागरिकों के आवागमन के लिए खोलने का भी आग्रह किया। उनका कहना था कि इससे हजारों लोगों को प्रतिदिन होने वाली अनावश्यक परेशानी से मुक्ति मिलेगी। रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने विधायक को दिया आश्वासन रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने विधायक मुकेश शर्मा को आश्वासन दिया कि इन सभी विषयों पर शीघ्र कार्य किया जाएगा। उन्होंने रक्षा सचिव से चर्चा कर आवश्यक प्रक्रिया आगे बढ़ाने और नई अधिसूचना जारी कराने के प्रयास का भी आश्वासन दिया, जिससे गुरुग्राम के लाखों नागरिकों को राहत मिल सके।
खरगोन जिले के आकांक्षी झिरन्या ब्लॉक के नीमसेठी गांव के 84 छात्र जाति प्रमाण पत्र नहीं बनने के कारण नौवीं कक्षा में प्रवेश नहीं ले पा रहे हैं। इससे उनका शैक्षणिक सत्र प्रभावित होने की आशंका है। इस समस्या को लेकर अभिभावकों ने भाजपा जिलाध्यक्ष नंदा ब्राह्मणे से मदद की गुहार लगाई है। नीमसेठी के सभी छात्रों ने पहली से आठवीं कक्षा तक की पढ़ाई अपने गांव में की है। अब उन्हें आगे की पढ़ाई के लिए शिवना स्कूल में प्रवेश लेना है। इसके लिए जाति प्रमाण पत्र अनिवार्य है। प्रमाण पत्र नहीं होने से उनकी प्रवेश प्रक्रिया पूरी नहीं हो पा रही है। एसडीएम के पास पहुंचे ग्रामीण लेकिन अधिकारी नहीं मिलेसोमवार दोपहर अभिभावक पहले एसडीएम कार्यालय पहुंचे, लेकिन समय सीमा बैठक के कारण अधिकारी उपलब्ध नहीं थे। इसके बाद वे बच्चों के साथ भाजपा जिलाध्यक्ष नंदा ब्राह्मणे के आवास पहुंचे और अपनी समस्या बताई। अभिभावक भूरेलाल गोले ने बताया कि बच्चों ने आठवीं तक बारेला जाति के आधार पर पढ़ाई की है, लेकिन अब पंचायत के सरपंच और सचिव जाति प्रमाण पत्र जारी नहीं कर रहे हैं। इससे बच्चों का भविष्य संकट में पड़ गया है। भाजपा जिलाध्यक्ष नंदा ब्राह्मणे ने अभिभावकों को आश्वासन दिया कि बच्चों का भविष्य खराब नहीं होने दिया जाएगा। उन्होंने बताया कि इस मामले की जानकारी एसडीएम और बीआरसी को दे दी गई है। साथ ही बच्चों का स्कूल में प्रवेश और जाति प्रमाण पत्र से जुड़ी प्रक्रिया जल्द पूरी कराने का भरोसा भी दिलाया। भाजपा जिलाध्यक्ष से मिलने के बाद अभिभावक दोबारा एसडीएम कार्यालय पहुंचे। यहां उन्होंने तहसीलदार कार्यालय में ज्ञापन सौंपकर बच्चों के जाति प्रमाण पत्र जल्द जारी करने की मांग की।
बलरामपुर जिले के धनवार अंतरराज्यीय बैरियर पर वन विभाग ने लकड़ी तस्करी के एक अनोखे मामले का खुलासा किया है। तस्करों ने पिकअप वाहन में ऊपर खीरा लोड कर उसके नीचे बेशकीमती लकड़ी छिपा रखी थी, लेकिन वन विभाग की सतर्कता से उनकी यह चाल नाकाम हो गई। विभाग ने वाहन जब्त कर आगे की जांच शुरू कर दी है। वन विभाग की टीम धनवार बैरियर पर नियमित जांच अभियान चला रही थी। इसी दौरान एक संदिग्ध पिकअप वाहन को रोककर जांच की गई। वाहन के ऊपरी हिस्से में बड़ी मात्रा में खीरा लदा हुआ था, जिससे वह सामान्य कृषि उपज से भरा वाहन प्रतीत हो रहा था। तलाशी में खुला तस्करी का राज वाहन की गतिविधियां संदिग्ध लगने पर वन अमले ने गहन तलाशी ली। जांच के दौरान खीरे की बोरियों के नीचे छिपाकर रखी गई अवैध लकड़ी बरामद हुई। इसके बाद वन विभाग ने मौके पर ही वाहन को जब्त कर लिया। जांच में जब्त लकड़ी की अनुमानित कीमत करीब 80 हजार रुपये आंकी गई है। वन विभाग लकड़ी की प्रजाति, मात्रा और उसके स्रोत की जांच कर रहा है। साथ ही यह भी पता लगाया जा रहा है कि लकड़ी किस वन क्षेत्र से काटी गई और तस्करी के इस नेटवर्क में किन-किन लोगों की भूमिका है। सक्रिय तस्करी नेटवर्क की आशंका इस कार्रवाई के बाद जिले में अवैध लकड़ी कटाई और तस्करी को लेकर फिर सवाल उठने लगे हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि जंगलों में लंबे समय से अवैध कटाई जारी है और तस्कर नए-नए तरीके अपनाकर लकड़ी की तस्करी कर रहे हैं। कई स्थानों पर पेड़ों की जगह केवल ठूंठ दिखाई दे रहे हैं, जो लगातार हो रहे वन क्षरण की ओर संकेत करते हैं। वन विभाग का कहना है कि अवैध कटाई, परिवहन और लकड़ी की खरीद-फरोख्त में शामिल पूरे नेटवर्क की जांच की जा रही है। विभाग ने स्पष्ट किया है कि वन अपराधों के खिलाफ अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा।
डीग में अवैध खनन के खिलाफ चलाए जा रहे 'ऑपरेशन पृथ्वी' अभियान के तहत सोमवार को जिलेभर में बड़ी कार्रवाई की गई। पुलिस ने इस दौरान 5 ट्रैक्टर-ट्रॉली और 1 ट्रेलर जब्त कर 6 ड्राइवरों को गिरफ्तार किया। यह कार्रवाई पहाड़ी, सीकरी और गोपालगढ़ थाना क्षेत्रों में हुई। पहाड़ी थाना पुलिस और क्यूआरटी टीम ने केरुआ गांव के पास कामा रोड पर संयुक्त कार्रवाई की। यहां अवैध खनिज (डस्ट/गिट्टी) से भरी 3 ओवरलोड ट्रैक्टर-ट्रॉलियां जब्त की गईं। मौके से प्रभु, निक्की और रौकन को गिरफ्तार किया गया। आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर खनिज एवं परिवहन विभाग को भी सूचित किया गया है।सीकरी थाना पुलिस ने मुखबिर की सूचना पर कार्रवाई करते हुए 2 ट्रैक्टर-ट्रॉलियां जब्त कीं। इन ट्रॉलियों में अवैध बजरी-गिट्टी भरी हुई थी। इस दौरान इरफान और सोनू को गिरफ्तार किया गया। दोनों वाहन बिना रॉयल्टी या रवन्ना के खनिज का परिवहन करते पाए गए। गोपालगढ़ थाना पुलिस ने अवैध मोरम का परिवहन कर रहे एक ट्रेलर को जब्त किया। पुलिस ने ट्रेलर के ड्राइवर मुस्तफा को भी गिरफ्तार कर लिया। आरोपी के खिलाफ संबंधित धाराओं में मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है।पुलिस ने बताया कि जिले में अवैध खनन और ओवरलोड वाहनों के खिलाफ यह अभियान लगातार जारी रहेगा। नियमों का उल्लंघन करने वालों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की जाएगी।
चूरू के राजलदेसर क्षेत्र में सोमवार को शिक्षकों ने राज्य सरकार द्वारा ग्रीष्मकालीन अवकाश में कटौती के निर्णय के विरोध में कार्य बहिष्कार कर प्रदर्शन किया। यह प्रदर्शन राजस्थान शिक्षक संघ के आह्वान पर किया गया। शिक्षकों ने सरकार के खिलाफ नारेबाजी की और इस निर्णय को कर्मचारी विरोधी बताते हुए तुरंत वापस लेने की मांग की। संघ के जिला अध्यक्ष सुरेंद्र सीगड़ ने कहा कि सरकार की हठधर्मिता स्वीकार नहीं की जाएगी। उन्होंने बताया कि यह कार्य बहिष्कार लगातार दो दिन तक जारी रहेगा। तहसील मंत्री मुरलीधर अजमेरिया और संघर्ष समिति संयोजक बजरंगलाल बिस्सू ने बताया कि आंदोलन के अगले चरण में मंगलवार, 30 जून को ब्लॉक मुख्यालय पर सरकार के आदेशों की प्रतियां जलाई जाएंगी। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि सरकार मांगें नहीं मानती है, तो उग्र आंदोलन किया जाएगा, जिसकी जिम्मेदारी जिला प्रशासन और राज्य सरकार की होगी। इस प्रदर्शन में मनोज सारस्वत, राजकुमार लुहार, मदनलाल प्रजापत और कंचन भार्गव सहित बड़ी संख्या में शिक्षक-शिक्षिकाएं मौजूद थीं।
हरदा में सोमवार को स्मार्ट मीटर लगाने को लेकर जमकर हंगामा हुआ। शहर के राजमा चौक के पास बिजली कंपनी के कर्मचारियों को आम लोगों के विरोध का सामना करना पड़ा। एक दुकान पर बिना सहमति के मीटर बदलने के बाद नाराज लोगों ने बिजली कंपनी के डीजीएम की गाड़ी रोक ली। प्रदर्शनकारियों ने लगाए गए स्मार्ट मीटर को हटाकर पुराने मीटर ही लगे रहने की मांग की और कर्मचारियों के साथ बहस की। उनका आरोप था कि सही मीटर होने और समय पर बिल जमा करने के बावजूद ठेकेदार के कर्मचारी उनकी अनुमति के बिना मीटर बदल रहे हैं। इस दौरान विधायक डॉ. आर.के. दोगने भी मौके पर पहुंचे। उन्होंने उपभोक्ताओं की बिना सहमति के स्मार्ट मीटर लगाने पर नाराजगी व्यक्त की। विधायक ने बिजली कंपनी के अधिकारियों और कर्मचारियों से कहा कि मीटर बदलने का काम उपभोक्ताओं की सहमति और आपसी सामंजस्य से ही किया जाना चाहिए। उपभोक्ता बोले- बिल कई गुना बढ़कर आ रहेउपभोक्ताओं का कहना है कि स्मार्ट मीटर लगाए जाने के बाद बिजली बिलों में अप्रत्याशित वृद्धि हुई है। घरों में बिजली की खपत पहले जैसी ही है, लेकिन बिल कई गुना बढ़कर आ रहे हैं। इससे आम परिवारों का मासिक बजट बुरी तरह प्रभावित हो रहा है और बढ़े हुए बिलों का भुगतान करना मुश्किल हो गया है। उपभोक्ता श्याममुरारी सुखाय ने बताया कि उनके घर पर ताला लगा होने के बावजूद उनकी बिना सहमति के मीटर बदल दिया गया। जब उन्होंने इसका विरोध किया, तो बिजली कंपनी के कर्मचारियों ने उन्हें मीटर तोड़ने का वीडियो बनाने और अंदर कराने की धमकी दी। वहीं, उपभोक्ता मुस्तफा ने आरोप लगाया कि समय पर बिल जमा करने और पुराना मीटर ठीक होने के बावजूद उनका मीटर जबरदस्ती बदला गया। दूसरी ओर, डीजीएम संजय यादव ने बताया कि स्मार्ट मीटर लगाए जाने को लेकर गजट नोटिफिकेशन हो चुका है, इसलिए इसे बदलने के लिए उपभोक्ताओं की सहमति अनिवार्य नहीं है। उन्होंने कहा कि जिस उपभोक्ता को स्मार्ट मीटर में कोई दिक्कत है, वहां उसी मीटर के साथ टेस्टिंग मीटर भी लगाया जा रहा है।
शाजापुर जिले की सुन्दरसी थाना पुलिस ने सोशल मीडिया पर आपत्तिजनक और भड़काऊ पोस्ट साझा करने के आरोप में एक युवक के खिलाफ मामला दर्ज किया है। यह कार्रवाई विश्व हिंदू परिषद और बजरंग दल के सदस्यों की शिकायत के बाद की गई है। आरोपी युवक सकराई निवासी तालिब शाह है। पुलिस के अनुसार, 28 जून 2026 को विश्व हिंदू परिषद और बजरंग दल से जुड़े सुन्दर प्रजापति, मनोज पाटीदार और मयूर शर्मा ने सुन्दरसी थाने में लिखित शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत में आरोप लगाया गया कि इंस्टाग्राम अकाउंट 'talib_shah_16.20' चलाने वाले तालिब शाह ने एक रील पोस्ट की थी। इस रील में विश्व हिंदू परिषद, बजरंग दल और प्रधानमंत्री के संबंध में कथित तौर पर आपत्तिजनक भाषा का प्रयोग किया गया था। शिकायतकर्ताओं ने बताया कि इस पोस्ट से धार्मिक भावनाएं आहत हुई हैं और सामाजिक सौहार्द तथा शांति भंग होने की आशंका उत्पन्न हुई है। जांच में सही निकले आरोप पुलिस ने शिकायत को लोकल शिकायत रजिस्टर में दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। शिकायत के साथ संबंधित इंस्टाग्राम पोस्ट की छायाप्रति और वीडियो रिकॉर्डिंग पेन ड्राइव में प्रस्तुत की गई थी। प्रथम दृष्टया, पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 223 और 196(क) के तहत मामला दर्ज किया है। यह भी बताया गया है कि जिला दंडाधिकारी शाजापुर ने भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (बीएनएसएस) की धारा 163 के अंतर्गत आदेश जारी किए हैं। इन आदेशों में सोशल मीडिया पर किसी भी समुदाय की भावनाएं भड़काने या शांति व्यवस्था प्रभावित करने वाली सामग्री पोस्ट या प्रसारित न करने के निर्देश दिए गए हैं। पुलिस ने मामले में डिजिटल साक्ष्यों का परीक्षण शुरू कर दिया है। जांच के आधार पर आगे की वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।
चाचा की हत्या का आरोपी भतीजा गिरफ्तार:प्लॉट विवाद को लेकर किया था हमला, मौके से हो गया था फरार
झालावाड़ में खानपुर थाना पुलिस ने प्लॉट विवाद में अपने चाचा की हत्या करने वाले भतीजे को गिरफ्तार किया है। एसपी अमित कुमार के निर्देश पर गठित विशेष टीम ने फरार आरोपी को वारदात के दो दिन के भीतर दबोचा। पुलिस के मुताबिक यह घटना 26 जून को हुई थी। खानपुर थाना क्षेत्र के गोलाना निवासी नेमीचंद रैगर की उनके भतीजे हरिओम (28) पुत्र पप्पूलाल रैगर ने गंभीर मारपीट कर हत्या कर दी थी। वारदात के बाद आरोपी मौके से फरार हो गया था। मृतक के परिजन किशनलाल ने खानपुर थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। उन्होंने बताया कि प्लॉट के विवाद को लेकर हरिओम ने नेमीचंद पर हमला कर उनकी हत्या कर दी। इस रिपोर्ट के आधार पर पुलिस ने हत्या का मामला दर्ज कर जांच शुरू की। घटना की गंभीरता को देखते हुए झालावाड़ एसपी ने अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक और वृत्ताधिकारी झालरापाटन के सुपरविजन में थाना अधिकारी रविंद्र सिंह के नेतृत्व में एक विशेष टीम का गठन किया। इस टीम ने तकनीकी साक्ष्यों, मुखबिर तंत्र और लगातार दबिश के आधार पर 28 जून को आरोपी हरिओम को गिरफ्तार कर लिया। आरोपी ने स्वीकार की हत्या करना प्रारंभिक पूछताछ में आरोपी हरिओम ने स्वीकार किया कि धनवाड़ा स्थित एक प्लॉट को लेकर उसका अपने चाचा नेमीचंद से लंबे समय से विवाद चल रहा था। इसी पुरानी रंजिश के चलते उसने हत्या की वारदात को अंजाम दिया। पुलिस अब आरोपी से आगे की पूछताछ कर मामले से जुड़े अन्य पहलुओं और संभावित सहयोगियों के संबंध में जांच कर रही है।
नर्मदापुरम में ज्येष्ठ पूर्णिमा के अवसर पर नर्मदापुरम के प्राचीन जगदीश मंदिर में भगवान जगन्नाथ, बलभद्र और देवी सुभद्रा का पारंपरिक विधि-विधान से महास्नान कराया गया। भगवान का 51 किलो दूध, दही, पंचामृत, नर्मदा जल, गंगा जल, शहद और अन्य पूजन सामग्री से अभिषेक किया गया। 108 कलशों से महास्नान की परंपरा भी निभाई गई। महास्नान के बाद भगवान की दिव्य आरती हुई। मंदिर के महंत ने बताया कि धार्मिक मान्यता के अनुसार, ज्येष्ठ पूर्णिमा पर महास्नान के बाद भगवान अस्वस्थ हो जाते हैं। इसी कारण अब भगवान अगले 15 दिनों तक शयन कक्ष में विश्राम करेंगे। इस दौरान गर्भगृह में औषधियों से उनका उपचार किया जाएगा। 56 भोग नहीं लगाया जाएगामहंत ने बताया कि इस अवधि में भगवान को 56 भोग नहीं लगाया जाएगा। उन्हें केवल फलों का रस, जड़ी-बूटियों का काढ़ा और आयुर्वेदिक औषधियां अर्पित की जाएंगी। इस दौरान मंदिर के कपाट श्रद्धालुओं के लिए बंद रहेंगे। भगवान के विश्राम काल में सिंहासन पर उनकी जगह चांदी का दिव्य मुकुट विराजमान रहेगा और उसी की पूजा-अर्चना की जाएगी। मंदिर में भजन-कीर्तन का आयोजन होगा। श्रद्धालु भगवान के शीघ्र स्वास्थ्य लाभ की कामना करेंगे। आषाढ़ शुक्ल पक्ष की दूज पर भगवान स्वस्थ होने के बाद फिर से भक्तों को दर्शन देंगे। इसके बाद भगवान जगन्नाथ, बहन सुभद्रा और भाई बलभद्र के साथ पारंपरिक रथयात्रा पर निकलेंगे और अपनी प्रजा का हाल जानेंगे।
पंचकूला में रेलवे ट्रैक के पास मिला शव:एक पैर टूटा हुआ था; नहीं हो सकी पहचान, GRP जांच में जुटी
पंचकूला के चंडीमंदिर रेलवे स्टेशन के निकट रेलवे ट्रैक के पास एक अज्ञात व्यक्ति का सड़ा-गला शव मिला है। सूचना मिलने पर चंडीगढ़ GRP टीम मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए पंचकूला के नागरिक अस्पताल की मॉर्च्युरी में रखवा दिया। फिलहाल मृतक की पहचान नहीं हो सकी है। पुलिस के अनुसार, शव रेलवे ट्रैक के किलोमीटर नंबर 243/14-15 के बीच मिला। प्रारंभिक जांच में अनुमान लगाया जा रहा है कि शव करीब चार से पांच दिन पुराना है। तेज धूप और गर्मी के कारण शव काफी खराब अवस्था में पहुंच चुका है, जिससे पहचान करना मुश्किल हो रहा है। मृतक का चेहरा काला पड़ चुका है। बाया पैर टूटा मिला, शरीर पर चोट नहीं प्रारंभिक जांच में मृतक की बाईं टांग पर गंभीर चोट दिखाई दी है। इसके अलावा शरीर पर अन्य कोई स्पष्ट बाहरी चोट के निशान नहीं मिले हैं। पुलिस फिलहाल यह स्पष्ट नहीं कर रही है कि यह मामला किसी दुर्घटना का है या फिर हत्या के बाद शव रेलवे ट्रैक के पास फेंका गया है। सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर जांच की जा रही है। शव की पहचान कर रही जीआरपी पुलिस चंडीगढ़ जीआरपी थाना प्रभारी उर्मिला यादव ने बताया कि शव की पहचान कराने के प्रयास किए जा रहे हैं। आसपास के थाना क्षेत्रों को भी सूचना भेजी गई है और गुमशुदगी के रिकॉर्ड खंगाले जा रहे हैं। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद मौत के कारणों को लेकर स्थिति और स्पष्ट हो सकेगी।
1 जेसीबी, 1 डंपर, 2 ट्रैक्टर-ट्रॉली जब्त:एसडीएम ने अनाकार के पास अवैध खनन पर की कार्रवाई
ब्यावर जिले में अवैध खनन के खिलाफ प्रशासन ने सोमवार को सख्त कार्रवाई की। उपखण्ड अधिकारी दिव्यांश सिंह ने ग्राम पंचायत अनाकार के निकट चल रही अवैध खनन गतिविधियों का निरीक्षण किया और उन पर प्रभावी कार्रवाई की।निरीक्षण के दौरान मौके पर अवैध खनन में संलिप्त 1 जेसीबी, 1 डंपर और 2 ट्रैक्टर-ट्रॉली सहित कुल 4 वाहन पाए गए। इन सभी वाहनों को प्रशासन ने जब्त कर लिया। जवाजा थाना पुलिस को सुपुर्द कियाएसडीएम ने खनन विभाग के अधिकारियों को नियमानुसार जब्ती की कार्रवाई सुनिश्चित करने तथा संबंधित प्रकरणों में आवश्यक कानूनी प्रक्रिया अपनाने के निर्देश दिए। जब्त किए गए सभी वाहनों को अग्रिम वैधानिक कार्रवाई के लिए जवाजा थाना पुलिस के सुपुर्द कर दिया गया है। अधिकारियों ने बताया कि जिले में अवैध खनन, खनिजों के अवैध परिवहन और अवैध भंडारण के खिलाफ अभियान लगातार जारी रहेगा। नियमों का उल्लंघन करने वालों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई की जाएगी। जिला प्रशासन ने आमजन से भी सहयोग की अपील की है। प्रशासन ने कहा कि कहीं भी अवैध खनन या खनिजों के अवैध परिवहन की जानकारी मिलने पर तत्काल प्रशासन अथवा संबंधित विभाग को सूचित करें, ताकि समय रहते प्रभावी कार्रवाई की जा सके। राष्ट्रीय सांख्यिकी दिवस मनायाइधर ब्यावर में सोमवार को 20वां राष्ट्रीय सांख्यिकी दिवस मनाया गया। यह दिवस महान सांख्यिकीविद् एवं योजनाकार प्रोफेसर प्रशांत चंद्र महालनोबिस की जयंती के उपलक्ष्य में हर साल 29 जून को मनाया जाता है। समारोह का शुभारंभ जिला कलेक्टर कमल राम मीना और एडीएम ब्रह्मलाल जाट ने दीप प्रज्ज्वलित कर किया। इस दौरान कलेक्टर ने प्रो. महालनोबिस द्वारा स्थापित सांख्यिकीय सोच को आज के डिजिटल युग में और अधिक प्रासंगिक बताया।आयोजित तकनीकी सत्र एवं कार्यशाला में जिले के विभिन्न सांख्यिकी अधिकारियों एवं विशेषज्ञों ने सहभागिता निभाई। विशेषज्ञ संजय दगदी तथा सहायक आचार्य नितिन साहू ने डेटा गवर्नेंस, डिजिटल इंडिया के दौर में सांख्यिकी की भूमिका तथा प्रशासनिक आंकड़ों के प्रभावी उपयोग जैसे विषयों पर विस्तृत जानकारी प्रदान की।
कोरबा के बालको थाना क्षेत्र के रिंग रोड पर सोमवार को तेज रफ्तार भारी वाहन की टक्कर से बाइक सवार दो युवक गंभीर रूप से घायल हो गए। हादसे के बाद चालक वाहन समेत मौके से फरार हो गया। घायलों को स्थानीय लोगों की मदद से अस्पताल पहुंचाया गया, जहां एक युवक की हालत नाजुक बनी हुई है। जानकारी के अनुसार, दोनों युवक बाइक से रिंग रोड से गुजर रहे थे। इसी दौरान पीछे से आए एक तेज रफ्तार भारी वाहन ने उनकी बाइक को जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि दोनों युवक उछलकर सड़क पर जा गिरे। हादसे के बाद चालक वाहन लेकर फरार हो गया। 112 की टीम ने पहुंचाया अस्पताल घटना की सूचना राहगीरों ने डायल-112 को दी। सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची और दोनों घायलों को शुरुआती इलाज के बाद मेडिकल कॉलेज अस्पताल भेजा गया। डॉक्टरों की निगरानी में दोनों का इलाज जारी है। हेलमेट नहीं पहनने से सिर में आई गंभीर चोट बताया गया है कि घायलों में से एक युवक ने हेलमेट नहीं पहना था, जिसके कारण उसके सिर में गंभीर चोट आई है और उसकी हालत चिंताजनक बनी हुई है। दूसरे युवक के हाथ-पैर में फ्रैक्चर सहित शरीर के अन्य हिस्सों में चोटें आई हैं। सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही पुलिस बालको पुलिस ने मामला दर्ज कर फरार चालक की तलाश शुरू कर दी है। आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है, ताकि वाहन और चालक की पहचान की जा सके। स्थानीय लोगों ने उठाई सुरक्षा की मांग स्थानीय लोगों का कहना है कि रिंग रोड पर कोयला और अन्य सामान ढोने वाले भारी वाहनों की लगातार आवाजाही रहती है। तेज रफ्तार और लापरवाही के कारण इस मार्ग पर अक्सर दुर्घटनाएं होती हैं। लोगों ने प्रशासन से स्पीड ब्रेकर लगाने, नियमित वाहन चेकिंग कराने और भारी वाहनों की रफ्तार नियंत्रित करने के लिए सख्त कदम उठाने की मांग की है। कोरबा के बालको थाना क्षेत्र स्थित रिंग रोड पर सोमवार को एक सड़क हादसा हो गया। तेज रफ्तार भारी वाहन की चपेट में आने से बाइक सवार दो लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। इनमें से एक की हालत नाजुक बताई जा रही है। जानकारी के अनुसार, बाइक सवार युवक रिंग रोड से गुजर रहे थे, तभी पीछे से आए एक तेज रफ्तार भारी वाहन ने उनकी बाइक को टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि दोनों बाइक सवार उछलकर सड़क पर गिर पड़े। हादसे के बाद ट्रक चालक वाहन समेत मौके से फरार हो गया। राहगीरों और स्थानीय लोगों की मदद से घायलों को तुरंत अस्पताल भेजा गया। स्थानीय लोगों ने घटना की सूचना 112 डायल पर दी। सूचना मिलते ही 112 की टीम मौके पर पहुंची और घायलों को प्राथमिक उपचार के बाद मेडिकल कॉलेज अस्पताल पहुंचाया। पुलिस ने घटना की जानकारी लेते हुए फरार ट्रक चालक की तलाश शुरू कर दी है। बालको पुलिस सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही है ताकि चालक का पता लगाया जा सके। बताया गया है कि बाइक सवार दोनों युवकों में से एक ने हेलमेट नहीं पहना था, जिसके कारण उसके सिर पर गंभीर चोट आई है और उसकी हालत नाजुक बनी हुई है। दूसरे युवक के हाथ-पैर में फ्रैक्चर और शरीर पर चोटें आई हैं। डॉक्टरों की टीम दोनों का इलाज कर रही है। स्थानीय लोगों के अनुसार, रिंग रोड पर भारी वाहनों का दबाव लगातार बना रहता है। कोयला और अन्य सामान ढोने वाले ट्रक व डंपर इस मार्ग से दिन-रात गुजरते हैं। तेज रफ्तार और लापरवाही से वाहन चलाने के कारण इस मार्ग पर कई बार हादसे हो चुके हैं। प्रशासन की चेतावनियों के बावजूद स्थिति में सुधार नहीं हुआ है। इस घटना के बाद ग्रामीणों और राहगीरों में आक्रोश है। लोगों ने मांग की है कि रिंग रोड पर स्पीड ब्रेकर लगाए जाएं, चेकिंग बढ़ाई जाए और भारी वाहनों की गति पर नियंत्रण के लिए कड़े कदम उठाए जाएं।
इंदौर के खजराना थाना क्षेत्र में एक युवक पर चाकू से हमला करना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। जिसमें एक युवक बाइक सवार दूसरे युवक को चाकू मारते हुए नजर आ रहा है। हालांकि ये मामला दो दिन पुराना है। जिसमें पुलिस ने फरियादी के शिकायत पर केस भी दर्ज कर रखा है। बताया जा रहा है कि पुलिस ने आरोपी को भी राउंड अप कर लिया है। एडिशनल डीसीपी अमरेंद्र सिंह ने बताया कि ये घटना 27 तारीख को हिना कॉलोनी की है। मामला दोनों पड़ोसियों के बीच का है। इसमें फरियादी अनुमन है जो खजराना इलाका का ही रहने वाला है, जबकि आरोपी सोनू है जो इसका पड़ोसी है। इनका किसी बात को लेकर विवाद हुआ था, जिसमें आरोपी सोनू ने अंजूमन के ऊपर चाकू से हमला कर दिया था। हालांकि चाकू से हमले के दौरान अंजूमन बच गया था। उसका मेडिकल भी करवाया गया था, जिसमें चोट नहीं थी। पुलिस ने फरियादी की शिकायत पर सोनू के खिलाफ मारपीट सहित अन्य धाराओं में केस दर्ज कर लिया था। सोशल मीडिया पर वायरल हुआ वीडियो चाकू से हमला करने का वीडियो सोमवार को सोशल मीडिया पर वायरल हुआ। वीडियो में देखा जा सकता है कि फरियादी बाइक से बच्चे को बैठाकर जा रहा था। तभी आरोपी व कुछ लोग आए और फरियादी पर चाकू से हमला कर दिया। हमले के दौरान आरोपी युवक के ऊपर चाकू से हमला करता नजर आ रहा है, गनीमत ये रही कि इस हमले में फरियादी बच गया। हमला करने के बाद बदमाश वहां से भाग निकले। बताया जा रहा है कि पुलिस आरोपी को राउंड अप कर लिया है। देखिए हमले की तस्वीरें-
लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने कहा- आने वाले तीन महीनों में कोटा-बूंदी संसदीय क्षेत्र में बड़े स्तर पर वृक्षारोपण अभियान चलाया जाएगा। इसका उद्देश्य शहर और गांवों को अधिक हरा-भरा, स्वच्छ और पर्यावरण के अनुकूल बनाना है। इसके साथ ही व्यापक नशा मुक्ति अभियान भी शुरू किया जाएगा। इस अभियान की विस्तृत कार्ययोजना तैयार करने के निर्देश दिए ताकि युवाओं को नशे से दूर रखने के लिए प्रभावी कदम उठाए जा सकें। बैठक में कानून व्यवस्था और अपराध नियंत्रण पर भी विशेष जोर दिया गया। ओम बिरला ने कहा- अपराधी किसी भी हाल में बचने नहीं चाहिए। इसके लिए शहर और गांवों में मॉनिटरिंग सिस्टम को और मजबूत किया जाएगा। सभी सीसीटीवी कैमरों की समीक्षा कर उन्हें एआई (AI) तकनीक से जोड़ने की दिशा में काम किया जाएगा, जिससे अपराधियों की पहचान और निगरानी अधिक प्रभावी हो सके। लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने कोटा-बूंदी संसदीय क्षेत्र के सभी प्रमुख विभागों के अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक की। कोटा सर्किट हाउस में बैठक में मानसून की तैयारियों, शहर की स्वच्छता, हरियाली, सड़क सुरक्षा, नशा मुक्ति अभियान, अपराध नियंत्रण और विकास कार्यों को लेकर चर्चा हुई। जलभराव के स्थायी समाधान के लिए 80 करोड़ स्वीकृत, ब्लैक स्पॉट सुधारे जाएंगे ओम बिरला ने मानसून की तैयारियों को लेकर अधिकारियों को निर्देश दिए कि जिन क्षेत्रों में हर वर्ष जलभराव होता है, उन्हें पहले से चिन्हित कर स्थायी समाधान की योजना बनाई जाए। सभी बड़े और छोटे नालों की सफाई विशेष अभियान चलाकर समय पर पूरी की जाए। बिरला ने बताया- प्रथम चरण में लगभग 80 करोड़ रुपए की लागत से नालों के निर्माण और सुधार कार्यों को स्वीकृति मिल चुकी है। आपदा राहत योजना के तहत उन इलाकों में जल निकासी व्यवस्था विकसित की जाएगी, जहां बारिश के दौरान घरों में पानी भरता है। इसके साथ ही, सड़क सुरक्षा को लेकर भी उन्होंने दुर्घटना संभावित ब्लैक स्पॉट की दोबारा समीक्षा करने और जरूरत पड़ने पर नया सर्वे कराकर आवश्यक सुधार करने के निर्देश दिए ताकि हादसों में कमी लाई जा सके। सरकारी जमीन पर कब्जा करने वालों पर होगी सख्त कार्रवाई बैठक में कोटा विकास प्राधिकरण के विस्तार और अतिक्रमण के मुद्दे पर भी विस्तृत चर्चा हुई। ओम बिरला ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि वर्षों से बसे गरीब परिवारों को बेवजह नहीं हटाया जाएगा, लेकिन सरकारी जमीन पर बड़े पैमाने पर कब्जा करने वाले भू-माफियाओं और रसूखदारों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए कि विकास कार्यों में पारदर्शिता, जनसुरक्षा और जनहित को ही सर्वोच्च प्राथमिकता दी जाए।
पलवल जिले के होडल थाना पुलिस ने गुप्त सूचना के आधार पर कार्रवाई करते हुए एक रेफ्रिजरेटर ट्रक से 21 टन गोमांस बरामद किया है। बरामद गोमांस की कीमत लगभग 50 लाख रुपए आंकी गई है। जांच रिपोर्ट में मांस के गाय या बैल (कैटल) का होने की पुष्टि के बाद पुलिस ने ट्रक ड्राइवर के खिलाफ संबंधित धाराओं में मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। होडल थाना प्रभारी सुंदरपाल ने बताया कि उन्हें सूचना मिली थी कि गुजरात नंबर का एक रेफ्रिजरेटर ट्रक राजस्थान की ओर से गोमांस भरकर पलवल की तरफ आ रहा है। इस सूचना पर थाना प्रभारी के नेतृत्व में एक पुलिस टीम ने एनएच-19 पर कर्मन बॉर्डर के समीप नाकाबंदी की और संदिग्ध ट्रक को रोक लिया। मध्य प्रदेश का रहने वाला ट्रक ड्राइवर पूछताछ में ट्रक ड्राइवर ने अपनी पहचान मध्य प्रदेश के देवास जिले निवासी कोक सिंह के रूप में बताई। ड्राइवर मांस से संबंधित कोई वैध बिल या दस्तावेज पेश नहीं कर पाया। इसके बाद, मांस की जांच के लिए मौके पर एक पशु चिकित्सक को बुलाया गया। पशु चिकित्सक की मौजूदगी में ट्रक की सील खोलकर मांस के नमूने लिए गए। इन नमूनों को फरीदाबाद स्थित मॉलिक्यूलर बायोलॉजिकल प्रयोगशाला में जांच के लिए भेजा गया। जांच रिपोर्ट के बाद ड्राइवर पर केस दर्ज 28 जून को प्राप्त रिपोर्ट में स्पष्ट किया गया कि नमूना गाय या बैल का मांस है। रिपोर्ट मिलने के बाद पुलिस ने आरोपी ड्राइवर के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है। मामले की जांच पीएसआई अमित कुमार को सौंपी गई है। पुलिस का कहना है कि इस मामले में गहनता से जांच की जा रही है ताकि यह पता लगाया जा सके कि गोमांस कहां से लाया गया था और इसे कहां ले जाया जा रहा था। पुलिस का उद्देश्य इस मामले से जुड़े अन्य आरोपियों को भी गिरफ्तार करना है।
अजमेर में सोमवार सुबह ऋषि घाटी स्थित ऐतिहासिक जगदीश मंदिर वैदिक मंत्रों की गूंज, शंखनाद, ढोल-नगाड़ों की थाप और जय जगन्नाथ के जयघोष के बीच भक्तिमय माहौल में डूब गया। देव स्नान पूर्णिमा पर भगवान जगन्नाथ का पारंपरिक महास्नान महोत्सव मनाया गया, जिसमें सुबह से ही श्रद्धालुओं की लंबी कतारें लगी रहीं। जैसे ही ठाकुर जी को गर्भगृह से स्नान मंडप तक लाया गया, पूरा मंदिर परिसर जयकारों से गूंज उठा। श्रद्धालुओं ने महास्नान के दर्शन कर भगवान का लिया आशीर्वाद वैदिक रीति-रिवाजों के साथ भगवान को निज मंदिर से स्नान स्थल पर विराजित किया गया। इसके बाद 108 चांदी के कलशों से महाप्रभु का दिव्य अभिषेक किया गया। अभिषेक के लिए तैयार किए गए पवित्र जल में पुष्कर सरोवर का जल, गंगाजल, गुलाब जल, विभिन्न सुगंधित द्रव्य और मौसमी फलों के रस मिलाए गए। श्रद्धालुओं ने महास्नान के दर्शन कर भगवान का आशीर्वाद लिया। जगन्नाथ पुरी की तर्ज पर निभाई जाती है यह परंपरा आयोजन से जुड़े राकेश डीडवानिया ने बताया कि यह परंपरा जगन्नाथ पुरी की तर्ज पर निभाई जाती है। पुरी में जहां 1008 कलशों से भगवान का अभिषेक होता है, वहीं अजमेर में वर्षों से 108 चांदी के कलशों से महास्नान कराया जा रहा है। उन्होंने बताया कि श्री अग्रवाल पंचायत मारवाड़ी धड़ा पिछले करीब एक शताब्दी से इस परंपरा का निर्वहन कर रहा है। भगवान जगन्नाथ का 'प्रकट दिवस' माना जाता है देव स्नान पूर्णिमा मंदिर से जुड़ी मान्यता के अनुसार, देव स्नान पूर्णिमा भगवान जगन्नाथ का 'प्रकट दिवस' भी माना जाता है। कहा जाता है कि इसी दिन मंदिर के पट पहली बार श्रद्धालुओं के लिए खोले गए थे। तभी से भगवान जिस स्वरूप में प्रकट हुए थे, आज भी उसी भाव और परंपरा के साथ उनकी सेवा-पूजा की जाती है। श्रद्धालुओं का विश्वास है कि इस महास्नान के दर्शन और सेवा से शारीरिक कष्टों और रोगों से मुक्ति मिलती है। 16 जुलाई को नगर भ्रमण पर निकलेंगे भगवान जगन्नाथ महास्नान के साथ ही अब शहर की बहुप्रतीक्षित जगन्नाथ रथ यात्रा की तैयारियां भी तेज हो गई हैं। समिति के अध्यक्ष संजय कन्दोई ने बताया कि 16 जुलाई को भगवान जगन्नाथ, बलभद्र और सुभद्रा भव्य रथ पर सवार होकर नगर भ्रमण के लिए निकलेंगे। इसके बाद भगवान सात दिनों तक जनकपुरी में भक्तों को दर्शन देंगे और 24 जुलाई को पुनरागमन रथ यात्रा के साथ महोत्सव का समापन होगा।
गिरिडीह के मुंडरो गांव का एक परिवार सऊदी अरब में मृत अपने परिजन द्वारिका महतो के शव का नौ दिनों से इंतजार कर रहा है। प्रवासी मजदूर द्वारिका महतो की 20 जून 2026 को काम के दौरान मौत हो गई थी, लेकिन उनका शव अब तक भारत नहीं पहुंचा है। परिवार मुआवजे को लेकर भी अनिश्चितता में है। द्वारिका महतो मूल रूप से डुमरी थाना क्षेत्र के चीनो समदा गांव के दशरथ महतो के पुत्र थे। वह लगभग 25 वर्षों से अपने ससुराल मुंडरो में रह रहे थे। जनवरी 2005 में आर्थिक स्थिति के कारण वह सऊदी अरब गए थे, जहां वह केईसी कंपनी में काम कर रहे थे। द्वारिका महतो के परिवार में उनकी पत्नी धनेश्वरी देवी, पुत्र सचिन कुमार, सतीश कुमार, नीतीश कुमार और ससुर लालधारी महतो शामिल हैं। पत्नी धनेश्वरी देवी ने बताया कि पति की मौत की खबर के बाद से परिवार सदमे में है। नौ दिन बाद भी शव भारत नहीं पहुंचा है और कंपनी से मुआवजे पर कोई स्पष्ट जानकारी नहीं मिली है। प्रवासी श्रमिकों के हितों के लिए काम करने वाले सिकंदर अली इस मामले में संबंधित कंपनी के अधिकारियों के संपर्क में हैं। उन्होंने कंपनी से उचित मुआवजा देने और शव को जल्द भारत भेजने की मांग की है, ताकि परिवार अंतिम संस्कार कर सके। मृतक की पत्नी ने केंद्र और राज्य सरकार से हस्तक्षेप की अपील की है। उन्होंने जल्द से जल्द शव को भारत लाने और परिवार को न्याय दिलाने की गुहार लगाई है।
भारत की भाषाई विविधता, विलुप्त होती बोलियों और मातृभाषाओं के भविष्य पर देश के प्रसिद्ध भाषा-चिंतक प्रो. जी. एन. देवी 30 जून को भोपाल में व्याख्यान देंगे। 'हम सब' और गांधी भवन के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित इस कार्यक्रम का विषय भारत : भाषाओं की भूमिका रखा गया है। 700 से अधिक भाषाओं का तैयार किया दस्तावेज प्रो. जी. एन. देवी भारतीय भाषाओं के संरक्षण और दस्तावेजीकरण के क्षेत्र में अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान रखते हैं। उन्होंने पीपुल्स लिंग्विस्टिक सर्वे ऑफ इंडिया (PLSI) का नेतृत्व किया, जिसके तहत देश की 700 से अधिक जीवित भाषाओं और बोलियों का व्यापक दस्तावेज तैयार किया गया। इसे भारत की भाषाई विरासत को संरक्षित करने की सबसे महत्वपूर्ण पहल माना जाता है। कई राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय सम्मान से सम्मानित प्रो. देवी साहित्यकार, सांस्कृतिक चिंतक और सामाजिक कार्यकर्ता भी हैं। वे आदिवासी और घुमंतू समुदायों की भाषाओं के संरक्षण के लिए लंबे समय से काम कर रहे हैं। उनके योगदान के लिए उन्हें साहित्य अकादमी पुरस्कार, प्रिंस क्लॉस अवॉर्ड, लिंग्वापैक्स पुरस्कार और पद्मश्री सहित कई राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय सम्मान मिल चुके हैं। इन मुद्दों पर होगी चर्चा आयोजकों के अनुसार व्याख्यान में भारतीय भाषाओं के सामने मौजूद चुनौतियों, नई शिक्षा नीति, मातृभाषा की भूमिका, भाषाई असमानता और तेजी से विलुप्त होती बोलियों पर विशेष चर्चा होगी। भाषा, शिक्षा, साहित्य और संस्कृति से जुड़े लोगों के लिए यह कार्यक्रम महत्वपूर्ण माना जा रहा है। यह व्याख्यान सभी नागरिकों के लिए खुला रहेगा। आयोजकों ने भाषा, साहित्य, शिक्षा और संस्कृति से जुड़े लोगों से बड़ी संख्या में शामिल होने की अपील की है।
कटनी जिले के बड़वारा में स्थित संदीपनिय विद्यालय में मध्यान्ह भोजन (मिड-डे मील) बनाने वाली दर्जनों महिलाओं का रोजगार अचानक छिन गया है। इसके विरोध में दुर्गा स्वसहायता समूह की ये महिलाएं सोमवार को जनपद कार्यालय बड़वारा पहुंचीं। उन्होंने मुख्य कार्यपालन अधिकारी (CEO) को ज्ञापन सौंपकर न्याय की गुहार लगाई और उन्हें वापस काम पर रखने की मांग की। महिलाओं ने ज्ञापन में बताया कि उनका दुर्गा स्वसहायता समूह साल 2009 से, यानी पिछले करीब 17 सालों से, स्कूल में बच्चों के लिए मध्यान्ह भोजन बना रहा था। उनका आरोप है कि जून 2026 में नए सत्र की शुरुआत होते ही उन्हें बिना किसी पूर्व सूचना, कारण बताओ नोटिस या स्पष्टीकरण के अचानक काम से हटा दिया गया। महिलाओं का कहना है कि बजट की कमी और समय पर पैसा न मिलने जैसी दिक्कतों के बाद भी उन्होंने कभी बच्चों का खाना बनाना बंद नहीं किया, फिर भी बिना किसी गलती के उन्हें बेरोजगार कर दिया गया। स्कूलों के विलय के बाद मिली थी 399 बच्चों की जिम्मेदारी महिलाओं के अनुसार, पिछले सत्र (दिसंबर 2025-26) में संदीपनिय विद्यालय में आसपास के सात दूसरे स्कूलों का विलय (मर्जर) किया गया था। इस विलय के बाद दुर्गा स्वसहायता समूह को प्राथमिक शाला के 262 बच्चों और पूर्व सीएम राइज स्कूल के 137 बच्चों को मिलाकर कुल 399 छात्रों के लिए भोजन बनाने की जिम्मेदारी सौंपी गई थी। नियमों को ताक पर रखकर दूसरे समूह को दे दिया राशन-पैसा महिलाओं ने बताया कि विलय के बाद जनपद सीईओ ने खुद यह व्यवस्था तय की थी कि प्राइमरी विंग के बच्चों के भोजन का जिम्मा दुर्गा स्वसहायता समूह संभालेगा, जबकि मिडिल विंग का काम सहारा स्वसहायता समूह बड़वारा को दिया जाएगा। महिलाओं का आरोप है कि अब इन आदेशों को पूरी तरह से दरकिनार कर दिया गया है। नए सत्र की शुरुआत होते ही दुर्गा समूह के हिस्से का राशन (खाद्यान्न) और पैसा चुपके से सहारा स्वसहायता समूह को दे दिया गया, जिससे दुर्गा समूह की महिलाओं के सामने रोजी-रोटी का संकट खड़ा हो गया है। जांच और दोबारा काम पर रखने की मांग अचानक बेरोजगार हुईं इन ग्रामीण महिलाओं ने जनपद सीईओ से मांग की है कि इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराई जाए। उन्होंने मांग की है कि दुर्गा स्वसहायता समूह के अधिकार का राशन और पैसा बहाल किया जाए और उन्हें दोबारा काम शुरू करने का लिखित आदेश दिया जाए, ताकि उनके परिवारों का भरण-पोषण हो सके।
बिलासपुर पुलिस की आधुनिक डिजिटल पहल 'सशक्त' मोबाइल ऐप की मदद से सरकंडा पुलिस ने दो शातिर वाहन चोरों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों की निशानदेही पर चोरी की पांच बाइक बरामद की गई है। पुलिस ने दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया, जहां से उन्हें न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया। मामले की शुरुआत 14 जून 2026 को हुई, जब विवेकानंद नगर मोपका निवासी कमलेश चंद्राकर ने थाना सरकंडा में अपनी एक्टिवा स्कूटी क्रमांक सीजी 10 बीएन 1325 चोरी होने की रिपोर्ट दर्ज कराई। करीब 20 मिनट बाद बाहर आने पर स्कूटी गायब मिली। अज्ञात चोर स्कूटी चोरी कर फरार हो गया था। मामले में अपराध दर्ज कर पुलिस जांच में जुटी हुई थी। इसी दौरान पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली कि मोपका निवासी सुजल दर्वे उर्फ रिंकू के पास चोरी की मोटरसाइकिल है। सूचना मिलते ही सरकंडा थाना प्रभारी निरीक्षक प्रदीप कुमार आर्य और मोपका चौकी प्रभारी ओमप्रकाश कुर्रे के नेतृत्व में पुलिस टीम ने घेराबंदी कर दो संदिग्ध युवकों को हिरासत में लिया। आईजी ने बनाया है सशक्त ऐपपुलिस ने आरोपियों के कब्जे से मिली एक्टिवा स्कूटी को 'सशक्त' मोबाइल ऐप में चेक किया, जिसमें वाहन चोरी का होना पाया गया। इसके बाद पुलिस ने आरोपियों से कड़ाई से पूछताछ की, जिसमें उन्होंने पिछले दो वर्षों के दौरान की गई कई वाहन चोरियों का खुलासा किया। बता दें कि, आईजी रामगोपाल गर्ग के विकसित किए गए ऐप सशक्त के जरिए कई तरह के अपराध को सुलझाने में मदद मिली है। इस ऐप की मदद से पुलिस को चोरी हुए वाहनों की जानकारी एक क्लिक में मिल जाती है। जिससे त्वरित कार्रवाई कर वाहनों को बरामद किया जा रहा है। इससे पहले भी कई चोरियों की गाड़ियों के अलावा अन्य अपराधों को भी इस ऐप के माध्यम से सुलझाया जा चुका है। महज 2 हजार में बेंच देते थे चोरी की गाड़ियांपूछताछ में आरोपियों ने बताया कि जुलाई 2025 में विवेकानंद कॉलोनी मोपका से ब्राउन रंग की एक्टिवा क्रमांक सीजी 10 एएफ 5290 चोरी कर सावन सूर्यवंशी को 10 हजार रुपए में बेच दी थी। अक्टूबर 2025 में विवेकानंद कॉलोनी से ही एक स्प्लेंडर मोटरसाइकिल क्रमांक सीजी 10 पी 0129 चोरी की थी। फरवरी 2026 में गोड़पारा स्थित साईं मंदिर के पास से ग्रे रंग की एक्टिवा क्रमांक सीजी 10 एजे 6340 चोरी कर भूपेंद्र वर्मा को पांच हजार रुपए में बेच दिया था। जून 2026 में मोपका के ठाकुर देव मंदिर के पास से यामाहा मोटरसाइकिल क्रमांक सीजी 10 जेएल 0783 चोरी कर अर्जुन वर्मा को मात्र दो हजार रुपए में बेच दिया था। शौक पूरा करने के लिए चोरी करते थे बाइकपुलिस ने मोपका के खाल्हेपारा निवासी सुरेन्द्र भुनेश्वर (22) पिता छतलाल भुनेश्वर और सुजल दर्वे उर्फ रिंकू (24) पिता पुनीलाल दर्वे को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार, दोनों शातिर और आदतन अपराधी हैं, जो चोरी की गाड़ियों को औने-पौने दाम में बेचकर अपना शौक पूरा करते थे। पुलिस अब चोरी का माल खरीदने वाले लोगों की भूमिका की भी जांच कर रही है।
जयपुर के पीएम श्री केंद्रीय विद्यालय क्रमांक-4 में 27 से 29 जून तक आयोजित 55वीं क्षेत्रीय स्तरीय खेलकूद प्रतियोगिता-2026 का सोमवार को समापन हो गया। प्रतियोगिता में ताइक्वांडो और रोप स्किपिंग स्पर्धाओं का आयोजन किया गया, जिसमें जयपुर क्षेत्र के विभिन्न केंद्रीय विद्यालयों के 278 खिलाड़ियों और 61 अनुरक्षकों ने भाग लिया। विभिन्न आयु वर्गों में खिलाड़ियों ने बेहतर प्रदर्शन किया। उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले खिलाड़ी अब केंद्रीय विद्यालय संगठन (KVS) की राष्ट्रीय स्तरीय प्रतियोगिता में जयपुर क्षेत्र का प्रतिनिधित्व करेंगे। विजेताओं को पदक देकर किया सम्मानित प्रतियोगिता का शुभारंभ विद्यालय के प्राचार्य महिपाल सिंह ने किया था। समापन समारोह में उन्होंने विजेता खिलाड़ियों को पदक देकर सम्मानित किया। इस दौरान रघुवीर सिंह शेखावत और विजय सिहाग ने भी खिलाड़ियों का उत्साहवर्धन करते हुए राष्ट्रीय स्तर पर बेहतर प्रदर्शन के लिए प्रेरित किया। आयोजन के सफल संचालन में खेल शिक्षक मनोज महावर की अहम भूमिका रही। प्राचार्य बोले- खेल से अनुशासन और नेतृत्व क्षमता का विकास होता है प्राचार्य महिपाल सिंह ने कहा कि खेल विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास का महत्वपूर्ण माध्यम हैं। इससे शारीरिक और मानसिक विकास के साथ अनुशासन, आत्मविश्वास, नेतृत्व क्षमता, टीम भावना और स्वस्थ प्रतिस्पर्धा की भावना विकसित होती है। उन्होंने आयोजन समिति, खेल प्रशिक्षकों, निर्णायकों, अनुरक्षकों और सभी सहयोगियों का आभार जताते हुए खिलाड़ियों के उज्ज्वल भविष्य की कामना की।
खुले नाले के गड्ढे़ में गिरा नंदी:गौरक्षकों ने एक घंटे की भारी मशक्कत के बाद सुरक्षित बाहर निकाला
चूरू जिले के राजलदेसर स्थित राजा कोठी क्षेत्र की गैनाणी में सोमवार दोपहर एक नंदी खुले गड्ढे में गिर गया। हादसे के बाद मौके पर बड़ी संख्या में लोग जमा हो गए। सूचना मिलने पर आजाद गौरक्षा दल के सदस्य तुरंत घटनास्थल पर पहुंचे। गौरक्षा दल के सदस्यों ने स्थानीय लोगों की सहायता से बचाव अभियान शुरू किया। करीब एक घंटे तक चली कड़ी मशक्कत और सूझबूझ के बाद नंदी को बिना किसी गंभीर चोट के सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया। नंदी के सुरक्षित बाहर आने पर मौके पर मौजूद लोगों ने राहत की सांस ली और गौरक्षकों के कार्य की सराहना की। आजाद गौरक्षा दल के कार्यकर्ताओं ने बताया कि जिले में ऐसी किसी भी स्थिति में उन्हें सूचना दी जा सकती है, ताकि वे गोवंश की रक्षा कर सकें।
मध्यप्रदेश की डॉ. मोहन यादव सरकार ने प्रदेश के दिव्यांगजनों को सशक्त बनाने और उनकी प्रतिभा को वैश्विक मंच प्रदान करने के लिए एक ऐतिहासिक कदम उठाया है। सामाजिक न्याय एवं दिव्यांगजन सशक्तिकरण विभाग द्वारा दिव्यांगजनों के कल्याण और पुनर्वास के लिए 'राज्य दिव्यांगजन निधि' के संचालन के लिए नए दिशा-निर्देश जारी कर दिए गए हैं। इस योजना के धरातल पर आने से अब खेल, कला, संस्कृति और शिक्षा के क्षेत्र में देश-दुनिया में प्रदेश का नाम रोशन करने वाले दिव्यांगों को आर्थिक तंगी का सामना नहीं करना पड़ेगा। क्यों पड़ी इस निधि की जरूरत? पिछले लंबे समय से आयुक्त दिव्यांगजन कार्यालय में ऐसे प्रतिभावान दिव्यांगजनों के आवेदन आ रहे थे, जो राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी प्रतिभा साबित कर चुके हैं, लेकिन एक व्यवस्थित आर्थिक तंत्र (मैकेनिज्म) न होने के कारण उन्हें सहायता के लिए जिला और राजधानी के चक्कर काटने पड़ते थे। इसे देखते हुए फरवरी-मार्च में विभागीय मंत्री नारायण सिंह कुशवाहा के मार्गदर्शन और प्रमुख सचिव सोनाली पोंक्षे वायंगणकर व आयुक्त केजी तिवारी के प्रयासों से इस निधि का पूरा रोडमैप तैयार किया गया। पदक विजेताओं को मिलेगी प्रोत्साहन राशि संशोधित नियमों के तहत खेल (पैरा एवं स्पेशल खेल सहित), कला, संगीत, नृत्य जैसी विधाओं में पदक जीतने वाले दिव्यांग खिलाड़ियों को बड़ी प्रोत्साहन राशि दी जाएगी। अब सिर्फ पदक जीतने पर ही नहीं, बल्कि प्रतियोगिताओं में भाग लेने (यात्रा और तैयारी) के लिए भी सरकार आर्थिक मदद देगी। इसके तहत राज्य स्तर के लिए ₹1 लाख, राष्ट्रीय स्तर के लिए ₹2 लाख और अंतरराष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिताओं में शामिल होने के लिए ₹5 लाख की सहायता दी जाएगी। इलाज, उपकरण और उच्च शिक्षा के लिए भी बड़ी मदद ₹10 लाख तक की चिकित्सा सहायता: ऐसे दिव्यांगजन जिनकी व्यक्तिगत या अभिभावक की वार्षिक आय ₹8 लाख तक है, उन्हें कोक्लियर इम्प्लांट के बाद उसके रखरखाव, अन्य दिव्यांगता उपकरणों की मरम्मत और उच्च सहायता आवश्यकताओं (High Support Need) के लिए अधिकतम ₹10 लाख तक की वास्तविक व्यय राशि दी जाएगी। रिसर्च और सेमिनार के लिए ₹5 लाख: शैक्षणिक और तकनीकी उत्कृष्टता के लिए राष्ट्रीय/अंतरराष्ट्रीय संगोष्ठियों या सम्मेलनों में शोध-पत्र (Research Paper) प्रस्तुति, यात्रा, बोर्डिंग और पंजीकरण शुल्क के लिए शोधार्थियों को वर्ष में एक बार अधिकतम ₹5 लाख की सहायता मिलेगी। नवाचार को बढ़ावा: जिला कलेक्टर की अनुशंसा पर नवीन प्रयोगों और नवाचारों के लिए भी वास्तविक व्यय की राशि इस निधि से दी जाएगी। कैसे करें आवेदन? योजना का लाभ पूरी पारदर्शिता से सभी तक पहुँचाने के लिए पूरी प्रक्रिया को डिजिटल किया गया है: इच्छुक एवं पात्र दिव्यांगजन को विभागीय पोर्टल पर ऑनलाइन आवेदन करना होगा।
रायसेन जिले में मानसून की बेरुखी से आम लोगों और किसानों की परेशानी बढ़ गई है। पिछले पांच दिनों से बारिश पूरी तरह थमी हुई है। इससे उमस भरी गर्मी ने जनजीवन को प्रभावित कर दिया है। दिन में तेज धूप और गर्म हवाओं से लोग परेशान हैं। वहीं किसान अच्छी बारिश का इंतजार कर रहे हैं। बारिश नहीं होने से धान की खेती सबसे ज्यादा प्रभावित हो रही है। किसानों ने धान की नर्सरी तैयार कर ली है, लेकिन खेतों में पर्याप्त पानी नहीं होने से रोपाई शुरू नहीं हो पा रही है। खेत सूखे पड़े हैं और किसान बारिश का बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं। 24 जून को पहुंचा था मानसूनमध्य प्रदेश के अधिकांश जिलों में मानसून सक्रिय हो चुका है, लेकिन रायसेन में अब तक अपेक्षित बारिश नहीं हुई है। इस साल मानसून करीब 10 दिन की देरी से 24 जून को पहुंचा था। इसके बाद अब लगातार पांच दिनों से बारिश नहीं होने से चिंता बढ़ गई है। आसमान में बादल छा रहे हैं, लेकिन बिना बरसे लौट जा रहे हैं। उमस और भीषण गर्मी का असर लोगों के स्वास्थ्य पर भी दिखाई दे रहा है। जिला अस्पताल में घबराहट, चक्कर आने और गर्मी से जुड़ी शिकायतों वाले मरीजों की संख्या बढ़ी है। डॉक्टरों ने लोगों को धूप से बचने, पर्याप्त पानी पीने और जरूरी होने पर ही घर से बाहर निकलने की सलाह दी है। किसानों का कहना है कि यदि अगले कुछ दिनों में अच्छी बारिश नहीं हुई, तो खरीफ फसलों की बुवाई और उत्पादन दोनों प्रभावित हो सकते हैं। इससे उनकी चिंता लगातार बढ़ती जा रही है। देखें तस्वीरें…
शिवपुरी जिले के पोहरी में 25 लाख रुपए की चोरी का पुलिस ने सोमवार को खुलासा कर दिया है। इस मामले में पुलिस ने एक गिरोह को गिरफ्तार किया है। यह चोरी पोहरी के कृष्णगंज में पार्षद नीतू शर्मा के घर से हुई थी। पुलिस अधीक्षक यांगचेन डोलकर भूटिया ने बताया कि 24 जून की रात बदमाशों ने पार्षद नीतू शर्मा के घर का ताला तोड़कर लगभग 25 लाख रुपए का सामान चुरा लिया था। चोर अपने साथ करीब तीन क्विंटल वजनी लोहे की तिजोरी भी ले गए थे। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस ने एक विशेष टीम गठित कर जांच शुरू की। सीसीटीवी फुटेज और मुखबिर की सूचना के आधार पर पुलिस आईटीआई कॉलेज के पीछे पहुंची, जहां तीन संदिग्ध बैठे मिले। घेराबंदी कर रामनिवास मोगिया, श्रीवल्लभ उर्फ रनघोर पारदी और रामेश्वर गोस्वामी को गिरफ्तार किया गया। श्रीवल्लभ के कब्जे से एक अवैध देशी बंदूक भी बरामद हुई। मास्टरमाइंड का घर आना-जाना थापूछताछ में खुलासा हुआ कि वारदात का मास्टरमाइंड राजू था, जिसने पूरी चोरी की योजना बनाई। पुलिस के अनुसार, आरोपी रामेश्वर गोस्वामी का पार्षद नीतू शर्मा के घर आना-जाना था। इसी वजह से उसने घर की पूरी रेकी की और तिजोरी की जगह, परिवार के घर पर रहने या बाहर जाने जैसी महत्वपूर्ण जानकारियां गिरोह को दीं। पार्षद के परिवार सहित यात्रा पर जाने के बाद योजना बनाकर चोरी को अंजाम दिया गया। चोरी के बाद आरोपियों ने तिजोरी को एक सुनसान जगह ले जाकर तोड़ा और उसमें से जेवर व नकदी निकाल ली। फिर सोने-चांदी के आभूषण और नकदी को रामेश्वर के खेत के पास एक नाले में मिट्टी के नीचे गाड़ दिया था, ताकि पुलिस की नजर से बच सकें। पुलिस ने आरोपियों की निशानदेही पर करीब 23 लाख रुपए के सोने-चांदी के आभूषण, 85 हजार रुपए नकद, चोरी गई पल्सर बाइक और तिजोरी बरामद कर ली है।
दयपुर में 30 जून (मंगलवार) को 40 से अधिक इलाकों में बिजली कटौती रहेगी। अजमेर विद्युत वितरण निगम लिमिटेड (एवीवीएनएल) के अनुसार, विद्युत लाइनों के रखरखाव (मेंटेनेंस) कार्य के चलते सुबह 6 बजे से 9:30 बजे तक (करीब साढ़े तीन घंटे) पावर कट रहेगा। इस दौरान शहर के कई प्रमुख क्षेत्रों में बिजली आपूर्ति पूरी तरह बंद रहेगी। ये इलाके रहेंगे प्रभावित अंबावगढ़ जीएसएस से जुड़े इलाकों में भी पावर कट इधर, शहर के अंबावगढ़ जीएसएस से जुड़े इलाकों में सुबह 10:30 से 12:30 बजे तक पावर कट रहेगा। इसके तहत अम्बावगढ़, यादव कॉलोनी, आयुर्वेद चौराहा, अलकापुरी, ओढ़ बस्ती, अंबामाता योजना, महाकाल, रानी रोड, सर्किट हाउस, गड़िया देवरा, सिलावटवाड़ी, राजदर्शन, इमली घाट, महावतवाड़ी, चांदपोल इलाका प्रभावित होगा।

