सहारनपुर में गूगल मैप के भरोसे सफर कर रहे दस डंपर चालक देर शाम शहर के घंटाघर क्षेत्र में नो एंट्री में घुस गए। भीड़भाड़ वाले इलाके में एक साथ भारी वाहनों के पहुंचने से यातायात व्यवस्था प्रभावित हो गई। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और सभी डंपरों का चालान कर उन्हें गागलहेड़ी हाईवे के रास्ते रवाना कर दिया। जानकारी के अनुसार, मध्यप्रदेश नंबर के दस डंपर हरियाणा से खनन सामग्री लेकर मध्यप्रदेश जा रहे थे। चालक रास्ता तलाशने के लिए गूगल मैप का इस्तेमाल कर रहे थे। इसी दौरान मैप द्वारा बताए गए मार्ग का अनुसरण करते हुए सभी डंपर शहर के व्यस्त घंटाघर क्षेत्र में पहुंच गए और नो एंट्री जोन में प्रवेश कर गए। घंटाघर पर लगा भारी वाहनों का जमावड़ा बुधवार शाम घंटाघर क्षेत्र में काफी भीड़भाड़ थी। ऐसे में एक साथ दस डंपरों के पहुंचने से लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा। स्थानीय लोगों ने इसकी सूचना पुलिस को दी, जिसके बाद नगर कोतवाली पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति को संभाला। चालकों ने कहा- गूगल मैप ने यही रास्ता दिखाया पुलिस पूछताछ में डंपर चालकों ने बताया कि वे गूगल मैप के सहारे यात्रा कर रहे थे। मैप ने उन्हें इसी मार्ग से जाने का निर्देश दिया था, जिसके चलते वे नो एंट्री क्षेत्र में पहुंच गए। नगर कोतवाली पुलिस ने नो एंट्री का उल्लंघन करने पर सभी डंपर चालकों के खिलाफ चालान की कार्रवाई की। इसके बाद डंपरों को भीड़भाड़ वाले इलाके से सुरक्षित बाहर निकालकर गागलहेड़ी हाईवे के रास्ते भेज दिया गया। नगर कोतवाली प्रभारी प्रमोद कुमार सिंह ने बताया कि सभी डंपरों का चालान किया गया है। साथ ही उन्हें शहर से बाहर निकालकर गागलहेड़ी हाईवे पर भिजवा दिया गया। समय रहते पुलिस कार्रवाई होने से किसी प्रकार की दुर्घटना नहीं हुई।
राजस्थान हाईकोर्ट के जस्टिस संजीत पुरोहित की बेंच ने नगर निकायों में वित्तीय अधिकारों के संचालन को लेकर महत्वपूर्ण फैसला सुनाया है। राज्य सरकार के उस आदेश पर रोक बरकरार रखी है, जिसमें नगरपालिका के कई वित्तीय अधिकार अधिशाषी अधिकारी (ईओ) को अकेले देने की व्यवस्था की गई थी। कोर्ट ने कहा- किसी भी प्रशासनिक सुविधा के नाम पर कानून में तय व्यवस्था और जवाबदेही के सिद्धांत को दरकिनार नहीं किया जा सकता। मामला पाली जिले की खुडाला-फालना नगरपालिका से जुड़ा है। पूर्व पार्षद ने राज्य सरकार के आदेश को दी थी चुनौती पूर्व पार्षद भारत कुमार चौधरी ने हाईकोर्ट में याचिका दायर कर राज्य सरकार के 7 फरवरी 2026 के आदेश को चुनौती दी थी। इस आदेश के जरिए नगरपालिका के वित्तीय अधिकारों को ईओ के स्तर पर केंद्रित करने की कोशिश की गई थी। इससे पहले 29 अप्रैल 2026 को हाईकोर्ट ने इस आदेश के अमल पर अंतरिम रोक लगा दी थी। राज्य सरकार ने अंतरिम रोक हटाने के लिए आवेदन पेश किया, लेकिन हाईकोर्ट ने इसे खारिज कर दिया। कोर्ट ने कहा- रोक हटाने की प्रक्रिया तभी लागू होती है, जब प्रभावित पक्ष को याचिका की जानकारी और सुनवाई का अवसर नहीं मिला हो। इस मामले में सरकार को पहले ही पर्याप्त अवसर दिया गया था, लेकिन उस समय कोई उपस्थित नहीं हुआ। हाईकोर्ट ने कहा- सुनवाई में अवसर देना और अवसर का उपयोग करना अलग-अलग बातें हाईकोर्ट ने कहा- सुनवाई का अवसर देना और उस अवसर का उपयोग करना अलग-अलग बातें हैं। यदि किसी पक्ष को मौका दिया गया और उसने इसका लाभ नहीं उठाया तो बाद में यह दावा नहीं किया जा सकता कि उसे सुनवाई से वंचित किया गया। शिकायतकर्ता की ओर से अधिवक्ता दिविक माथुर ने तर्क दिया गया कि नगरपालिका का कार्यकाल समाप्त होने के बाद प्रशासक नियुक्त किया गया था। ऐसे में वित्तीय फैसलों में प्रशासक और ईओ की संयुक्त भूमिका जरूरी है। ईओ को अकेले अधिकार देने से वित्तीय नियंत्रण और पारदर्शिता प्रभावित होगी। कोर्ट ने प्रथम दृष्टया माना कि नियमों में वित्तीय मामलों के लिए संतुलन और निगरानी की व्यवस्था बनाई गई है। केवल कार्य सुविधा के आधार पर इस व्यवस्था को बदला नहीं जा सकता। कोर्ट ने कहा- स्थानीय स्वशासन संस्थाओं की लोकतांत्रिक भावना के अनुरूप अधिकारों का संतुलन बनाए रखना जरूरी है। हाईकोर्ट ने सरकार की दलील भी स्वीकार नहीं की कि आदेश केवल अस्थायी व्यवस्था के तौर पर जारी किया गया था। कोर्ट ने कहा- यदि कोई आदेश वैधानिक ढांचे से मेल नहीं खाता तो उसे अस्थायी कहकर लागू नहीं रखा जा सकता। कोर्ट ने अंतरिम रोक को याचिका के अंतिम निस्तारण तक जारी रखते हुए मामले को अगस्त 2026 के पहले सप्ताह में अंतिम सुनवाई के लिए सूचीबद्ध करने के निर्देश दिए हैं।
सरगुजा में शादी का झांसा देकर युवक ने नाबालिग छात्रा से रेप किया। छात्रा ने युवक से शादी करने के लिए कहा तो वह मुकर गया। नाबालिग छात्रा की रिपोर्ट पर पुलिस ने युवक के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। मामला लखनपुर थाना क्षेत्र का है। जानकारी के मुताबिक, लखनपुर थाना क्षेत्र निवासी नाबालिग छात्रा का परिचय उदयपुर निवासी युवक अमन खांडेकर से हुआ था। अमन खांडेकर ने छात्रा से उसका फोन नंबर ले लिया और उसे फोन करने लगा। उसने छात्रा को शादी का झांसा दिया और 10 मार्च और 8 अप्रैल को नाबालिग छात्रा से संबंध बनाए। शादी से मुकरा तो दर्ज कराई रिपोर्ट छात्रा ने अमन खांडेकर से शादी करने के लिए कहा तो वह मुकर गया। इससे परेशान होकर छात्रा ने लखनपुर थाने में शिकायत दर्ज कराई। मामले में नाबालिग की रिपोर्ट पर पुलिस ने आरोपी के खिलाफ अपराध दर्ज किया। आरोपी युवक अमन खाण्डेकर (24 वर्ष) निवासी डांडगांव को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। लखनपुर थाना प्रभारी संपत पोटाई ने बताया कि पुलिस ने आरोपी के खिलाफ पाक्सो एक्ट की धारा 4,6 एवं बीएनएस की धारा 64(2)(एम) के तहत कार्रवाई करते हुए आरोपी को कोर्ट में पेश किया। आरोपी को न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया है।
जालौन में आकाशीय बिजली गिरने से किसान की मौत:एक घायल, भैंस और तीन बकरियों की भी जान गई
जालौन के कोटरा क्षेत्र के हिलगना मौजा में गुरुवार को आकाशीय बिजली गिरने से एक किसान की मौत हो गई। इस घटना में एक अन्य किसान गंभीर रूप से घायल हो गया, जबकि एक भैंस और तीन बकरियों की भी जान चली गई। जानकारी के अनुसार, किसान शानू पठान और गोविंद यादव अपने पशुओं को चराने के लिए खेतों में गए थे। अचानक मौसम बदलने और तेज हवाओं के साथ बारिश शुरू होने पर दोनों किसान अपने पशुओं के साथ बारिश से बचने के लिए एक जामुन के पेड़ के नीचे खड़े हो गए। इसी दौरान तेज धमाके के साथ आकाशीय बिजली गिरी। बिजली की चपेट में आने से मौके पर ही एक भैंस और तीन बकरियों की मौत हो गई। दोनों किसान गंभीर रूप से झुलस गए। घटना के बाद आसपास मौजूद ग्रामीणों ने तुरंत मौके पर पहुंचकर घायलों को अस्पताल पहुंचाया। घायलों को पहले स्थानीय स्तर पर प्राथमिक उपचार दिया गया। गंभीर स्थिति को देखते हुए उन्हें उरई मेडिकल कॉलेज एवं जिला अस्पताल रेफर किया गया। अस्पताल में उपचार के दौरान लगभग 52 वर्षीय गोविंद यादव पुत्र गोपाल यादव ने दम तोड़ दिया। शानू पठान का अस्पताल में उपचार जारी है। मृतक किसान गोविंद यादव के परिजनों का इस घटना से गहरा दुख है। ग्रामीणों ने बताया कि गोविंद यादव एक मेहनतकश किसान थे और उनके परिवार के भरण-पोषण की मुख्य जिम्मेदारी उन्हीं पर थी। घटना के बाद क्षेत्र के ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि मृतक किसान के परिवार को उचित आर्थिक सहायता और सरकारी मुआवजा दिया जाए। साथ ही, घायल किसान के समुचित उपचार की व्यवस्था भी सुनिश्चित की जाए।
बरेली। महात्मा ज्योतिबा फुले रुहेलखंड विश्वविद्यालय में डॉ. अनिल कुमार यादव ने परीक्षा नियंत्रक का पदभार ग्रहण कर लिया है। विश्वविद्यालय की परीक्षा व्यवस्था को सुदृढ़ और पारदर्शी बनाने की दिशा में इसे एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। पदभार ग्रहण करने के तुरंत बाद डॉ. यादव ने परीक्षा विभाग, गोपनीय एवं अति गोपनीय विभाग और चार्ट रूम सहित विभिन्न महत्वपूर्ण शाखाओं का निरीक्षण किया। उन्होंने कर्मचारियों को छात्रहित को सर्वोच्च प्राथमिकता देने और लंबित कार्यों का समयबद्ध निस्तारण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। डॉ. यादव के पास लंबा शैक्षणिक और प्रशासनिक अनुभव है। उन्होंने एम.एन.एन.आई.टी. इलाहाबाद से पीएच.डी. और इंद्रप्रस्थ विश्वविद्यालय, दिल्ली से एम.टेक (आईटी) की उपाधि प्राप्त की है। इससे पहले वे सीएसजेएम विश्वविद्यालय, कानपुर में कुलसचिव (रजिस्ट्रार) और सीसीएस विश्वविद्यालय, मेरठ में भी महत्वपूर्ण प्रशासनिक जिम्मेदारियां निभा चुके हैं। विश्वविद्यालय के कुलपति प्रोफेसर के.पी. सिंह ने डॉ. यादव की नियुक्ति पर कहा कि उनके नेतृत्व में परीक्षा प्रणाली को और अधिक पारदर्शी, त्वरित और छात्र-केंद्रित बनाया जाएगा। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि उनके अनुभव से विश्वविद्यालय की शैक्षणिक एवं प्रशासनिक कार्यप्रणाली को नई दिशा मिलेगी।
जोधपुर में शुक्रवार से ग्रामीण सेवा शिविर की शुरुआत होगी। इसके लिए प्रत्येक ग्राम पंचायात पर शिविर लगेंगे। इसमें करीब 11 विभागों का कॉर्डिनेशन रहेगा। वहीं पाल बाइपास मोटर एसोसिएशन की नई कार्यकारिणी का गठन किया गया है। इसमें दुर्गाराम परिहार को अध्यक्ष बनाया गया है। पढ़ें शहर की प्रमुख खबरें… 1. कल से शुरू होंगे शिविर राज्य सरकार की विभिन्न जन-कल्याणकारी और फ्लैगशिप योजनाओं को लोगों तक पहुंचाने के लिए शुक्रवार से ग्रामीण सेवा शिविर की शुरुआत हो रही है। ये शिविर 15 जुलाई तक चलेंगे। ये शिविर सुबह 9:30 से शाम 6 बजे तक चलेंगे। इसमें करीब 22 विभागों का कॉर्डिनेशन रहेगा। अभियान की रोजाना अपडेट ऑनलाइन पोर्टल पर तैयार की जाएगी। ग्रामीण सेवा शिविर में राजस्व विभाग को अभियान का नोडल विभाग बनाया गया है। विभाग द्वारा राजस्व अभिलेखों एवं खातों का शुद्धिकरण, खातों का विभाजन, रास्तों संबंधी प्रकरणों का निस्तारण, नामांतरण (म्यूटेशन), सरकारी और चारागाह भूमि से अतिक्रमण हटाने, भूमिहीन किसानों को भूमि आवंटन, खातेदारी अधिकार प्रदान करने, सीमाज्ञान, आबादी विस्तार एवं विभिन्न प्रकार के प्रमाण-पत्र जारी करने के काम होंगे। साथ ही इसमें पानी और बिजली समेत एग्रीकल्चरण, पेंशन और फसल बीमार संबंधी शिकायतों का भी समाधान किया जाएगा। शिविरों में आयुर्वेद और भारतीय चिकित्सा पद्धति विभाग निशुल्क शिविर भी आयोजित करेगा। 2. दुर्गाराम परिहार बने नए अध्यक्ष पाल बाइपास मोटर एसोसिएशन की नई कार्यकारिणी का गठन किया गया है। इसमें दुर्गाराम परिहार को सर्वसम्मति से एसोसिएशन का नया अध्यक्ष चुना गया है। साथ ही प्रेम सोलंकी को वरिष्ठ उपाध्यक्ष, कृष्ण कुमार भार्गव को कोषाध्यक्ष, सुरेंद्र राड को उपाध्यक्ष और रमेश परिहार को सचिव की महत्वपूर्ण जिम्मेदारी सौंपी गई है। चुनाव प्रक्रिया पूरी होने के बाद सभी नवनिर्वाचित पदाधिकारियों का साफा और माला पहनाकर स्वागत किया गया। इस मौके पर व्यापारियों ने एक-दूसरे को मिठाई खिलाकर बधाई दी। नवनिर्वाचित अध्यक्ष दुर्गाराम परिहार ने सदस्यों का आभार जताते हुए कहा कि पूरी टीम पाल बाइपास क्षेत्र के मोटर व्यवसायियों की समस्याओं के समाधान, बुनियादी सुविधाओं के विकास और उनके व्यापारिक हितों की रक्षा के लिए पूरी निष्ठा से काम करेगी। इन्हें दी जिम्मेदारी… 3. भागवत कथा में सजी रुक्मिणी विवाह की आकर्षक झांकी, श्रद्धालुओं ने की पुष्प वर्षा पुरुषोत्तम मास पर नारायण शिक्षण संस्थान के संयुक्त तत्वावधान में जालोरी गेट स्थित महालक्ष्मी स्कूल प्रांगण में आयोजित सात दिवसीय श्रीमद्भागवत कथा महोत्सव अपने अंतिम चरण में पहुंच गया है। कथा की पूर्णाहुति शुक्रवार को होगी। कथा के छठे दिन गुरुवार को कथा व्यास पीठाधीश्वर महामंडलेश्वर स्वामी शांतिस्वरूपानंद गिरी महाराज ने कंस वध, महारास लीला और रुक्मिणी विवाह प्रसंग का भावपूर्ण वर्णन किया। कथा के दौरान रुक्मिणी विवाह की आकर्षक झांकी सजाई गई, जिसने श्रद्धालुओं का मन मोह लिया। झांकी के दर्शन करते हुए श्रद्धालुओं ने पुष्प वर्षा कर भगवान श्रीकृष्ण और रुक्मिणी के दिव्य विवाह का स्वागत किया। भजनों और संगीतमय प्रस्तुति के बीच पूरा कथा पांडाल भक्तिमय वातावरण से सराबोर रहा। श्रद्धालु भक्ति रस में डूबकर कथा श्रवण करते रहे। आयोजन समिति सदस्य ललित थानवी ने बताया- सात दिवसीय कथा के दौरान श्रीमद्भागवत के विभिन्न प्रसंगों का वाचन किया जा रहा है, जिससे श्रद्धालु धर्म लाभ अर्जित कर रहे हैं। उन्होंने बताया कि कथा के अंतिम दिन शुक्रवार को सुदामा चरित्र का वर्णन, कथा पूर्णाहुति, महाआरती एवं प्रसादी वितरण का आयोजन किया जाएगा।
सहारनपुर अस्पताल पर लापरवाही का आरोप:गर्भस्थ शिशु की मौत के बाद डीएम से जांच की मांग
सहारनपुर के बेहट क्षेत्र स्थित एक अस्पताल पर गर्भवती महिला के उपचार में लापरवाही बरतने और गर्भस्थ शिशु की मौत का आरोप लगा है। पीड़ित परिवार ने डीएम से शिकायत कर कार्रवाई की मांग की है। इस मामले में सीएमओ ने जांच के बाद उचित कार्रवाई का आश्वासन दिया है। ग्राम आलमपुर, थाना मिर्जापुर निवासी जाकिर पुत्र जुमशेद ने डीएम को दिए शिकायती पत्र में बताया कि उनकी पत्नी करीब साढ़े सात माह की गर्भवती थी। 8 जून को उन्हें जांच के लिए कादरपुर रोड स्थित एक अस्पताल ले जाया गया, जहां चिकित्सक ने उन्हें भर्ती कर लिया। जाकिर का आरोप है कि अस्पताल प्रबंधन ने समय पूरा न होने के बावजूद डिलीवरी कराने का दबाव बनाया और दवाइयां देकर प्रसव कराने का प्रयास किया, जिससे उनकी पत्नी की हालत बिगड़ गई। पीड़ित परिवार का कहना है कि स्थिति गंभीर होने पर अस्पताल ने हाथ खड़े कर दिए। इसके बाद वे अपनी पत्नी को बेहट स्थित साथी हॉस्पिटल लेकर पहुंचे। वहां चिकित्सकों ने तत्काल ऑपरेशन किया, लेकिन शिशु मृत पैदा हुआ। जाकिर ने आरोप लगाया कि जब उन्होंने इस संबंध में संबंधित चिकित्सक से फोन पर बात की तो उनके पति ने गाली-गलौज करते हुए जान से मारने की धमकी दी। परिवार के समर्थन में पहुंचे ग्रामीण अरविंद कुमार ने भी अस्पताल पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने दावा किया कि पीड़ित पक्ष के पास बातचीत की ऑडियो और अस्पताल में हुई घटनाओं की वीडियो फुटेज मौजूद है। उन्होंने कहा कि परिवार एक ओर बच्चे की मौत से दुखी है, वहीं दूसरी ओर उन्हें मुकदमे में फंसाने और धमकाने की बातें कही जा रही हैं। पीड़ित परिवार ने पहले थाना बेहट में शिकायत दी थी, लेकिन मामला स्वास्थ्य विभाग से जुड़ा होने के कारण उन्हें सीएमओ कार्यालय जाने की सलाह दी गई। इसके बाद उन्होंने मुख्यमंत्री हेल्पलाइन 1076, डायल 112 तथा जिला प्रशासन को भी शिकायत भेजी। इस संबंध में सीएमओ डॉ. प्रवीण कुमार ने बताया कि मामला उनके संज्ञान में आ गया है। शिकायत की जांच कराई जाएगी और जो भी तथ्य सामने आएंगे, उनके आधार पर नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी।
मुरादाबाद। दि बार एसोसिएशन एंड लाइब्रेरी मुरादाबाद द्वारा आयोजित स्वर्गीय शिव नारायण गुप्ता एडवोकेट वार्षिक शतरंज प्रतियोगिता-2026 के क्वार्टर फाइनल मुकाबले गुरुवार को एस.पी. गुप्ता सभा भवन में संपन्न हुए। प्रतियोगिता के तीसरे दिन अधिवक्ताओं के बीच हुए इन मैचों में आठ खिलाड़ियों ने जीत दर्ज कर अगले चरण में प्रवेश किया। प्रतियोगिता के तहत चार समूहों में मुकाबले आयोजित किए गए। ग्रुप-ए से पुष्प यादव और अभिषेक भटनागर विजयी रहे। ग्रुप-बी में राजकुमार गौतम और आसिफ सैफी ने जीत हासिल की। ग्रुप-सी से वासु सक्सेना और मनीष प्रताप सिंह अगले दौर में पहुंचे, जबकि ग्रुप-डी में कुलदीप त्यागी और शाकिर अली ने जीत दर्ज की। बार एसोसिएशन के अध्यक्ष आनंद मोहन गुप्ता ने प्रतियोगिता के सफल आयोजन के लिए समिति की सराहना की। उन्होंने सभी प्रतिभागियों की खेल भावना की प्रशंसा करते हुए विजयी खिलाड़ियों को अगले दौर के लिए शुभकामनाएं दीं। इस अवसर पर बार एसोसिएशन के महासचिव कपिल गुप्ता, संयुक्त सचिव आवरण अग्रवाल, कार्यकारिणी सदस्य (सीनियर) आशीष उपाध्याय, कार्यकारिणी सदस्य (जूनियर) पंकज शर्मा उपस्थित रहे। इनके अतिरिक्त, आयोजन समिति के सदस्य गिरीश चंद्र जैकबाल, मुकेश चंद्र भारद्वाज, मनोज गुप्ता, सुरेंद्र पाल, गोपाल द्विवेदी, रफीक अहमद, अभिनव गुप्ता, नदीम अहमद, अकरम, शादाब और अजय पाल सहित कई अधिवक्ता मौजूद थे। प्रतियोगिता के आगामी दौर को लेकर प्रतिभागियों में उत्साह बना हुआ है। दर्शकों ने भी खिलाड़ियों का उत्साहवर्धन किया।
नोएडा अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट परिसर में गुरुवार को वैदिक मंत्रोच्चारण और विधि-विधान के साथ नए अध्याय का शुभारंभ किया गया। जेवर स्थित टर्मिनल फोरकोर्ट एरिया (ईस्ट साइड) में आयोजित इस धार्मिक कार्यक्रम में अधिकारियों, कर्मचारियों और गणमान्य लोगों ने प्रदेश की उन्नति, समृद्धि और एयरपोर्ट के सफल संचालन की कामना की। इस अवसर पर जेवर के विधायक धीरेन्द्र सिंह ने कहा कि नोएडा अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट केवल एक हवाई अड्डा नहीं, बल्कि उत्तर प्रदेश के विकास, निवेश, रोजगार और वैश्विक पहचान का प्रतीक बनने जा रहा है। उन्होंने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश द्वारा स्थापित किए जा रहे नए विकास आयामों और जेवर क्षेत्र की बढ़ती वैश्विक पहचान पर जोर दिया। विधायक सिंह ने आगे कहा कि भारतीय संस्कृति में हर शुभ कार्य की शुरुआत पूजा-अर्चना और वैदिक परंपराओं के साथ करने की परंपरा रही है। इसी भावना के साथ एयरपोर्ट के नए चरण का शुभारंभ सकारात्मक ऊर्जा और आध्यात्मिक वातावरण के बीच किया गया। उन्होंने यह भी बताया कि नोएडा अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट से 15 जून 2026 से फ्लाइट सेवाओं का संचालन प्रारंभ होगा। यह उत्तर प्रदेश के लिए एक ऐतिहासिक उपलब्धि होगी, जिससे राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कनेक्टिविटी मजबूत होगी और जेवर क्षेत्र देश के सबसे महत्वपूर्ण आर्थिक एवं औद्योगिक केंद्रों में शामिल होगा। इस कार्यक्रम में नोएडा एयरपोर्ट के नोडल अधिकारी शैलेन्द्र कुमार भाटिया, वाइस चेयरमैन क्रिस्टोफ, मुख्य कार्यकारी अधिकारी नीतू समरा, मुख्य परिचालन अधिकारी किरण जैन, ओआरएटी हेड जान विक्की, हेड एआरएफएफ विनोद कुमार, अभिषेक नाथ, भारती कलप्पा, परविंद कुमार सरोज, सुरभि राणा, दिनेश जमवाल तथा टाटा प्रोजेक्ट डायरेक्टर उन्नी कृष्णा सहित कई अन्य अधिकारी और गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे।
केडीए का मकान फर्जी डीड से बेचा, 44 लाख ठगे:न्यायालय के आदेश पर पनकी थाने में चार पर मुकदमा दर्ज
कानपुर के पनकी थाना क्षेत्र में फर्जी दस्तावेजों के आधार पर केडीए का मकान बेचकर लाखों रुपये की धोखाधड़ी करने का मामला सामने आया है। आरोप है कि आरोपियों ने कूटरचित फ्रीहोल्ड डीड तैयार कर मकान की बिक्री कर दी और बैंक ऋण भी स्वीकृत करा लिया। मामले में पीड़िता की शिकायत पर न्यायालय के आदेश के बाद पुलिस ने चार लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस ने नहीं सुनी तो न्यायालय की शरण पहुंचा प्राथीरतनपुर स्थित ईडब्ल्यूएस योजना निवासी गरिमा पाल ने आरोप लगाया है कि वर्ष 2024 में उनकी मुलाकात सुनीता पाल और आशीष पाल से हुई थी। दोनों ने केडीए की एक आवासीय संपत्ति बेचने का प्रस्ताव दिया। मकान पसंद आने पर 29.50 लाख रुपये में सौदा तय हुआ और 30 अगस्त 2024 को 50 हजार रुपये अग्रिम राशि चेक के माध्यम से दे दी गई। पीड़िता के अनुसार आरोपियों ने पंजाब नेशनल बैंक की रावतपुर शाखा के तत्कालीन शाखा प्रबंधक समेत अन्य लोगों की मिलीभगत से उनके नाम 28.68 लाख रुपये का होम लोन स्वीकृत कराया। इसके बाद 9 सितंबर 2024 को मकान की रजिस्ट्री गरिमा पाल और उनके पति के नाम करा दी गई। रजिस्ट्री के बाद परिवार ने मकान में मरम्मत और निर्माण कार्य कराते हुए करीब 16 लाख रुपये अतिरिक्त खर्च कर दिए। मामला उस समय खुला जब गरिमा पाल ने संपत्ति के दाखिल-खारिज के लिए कानपुर विकास प्राधिकरण (केडीए) में आवेदन किया। जांच के दौरान दस्तावेज संदिग्ध पाए गए। बाद में हाईकोर्ट के निर्देश पर हुई जांच में केडीए ने स्पष्ट किया कि उक्त संपत्ति की मूल आवंटी लक्ष्मी देवी अग्निहोत्री हैं, जबकि विजय कुमार श्रीवास्तव के नाम से प्रस्तुत फ्रीहोल्ड डीड पूरी तरह फर्जी और कूटरचित है। जांच रिपोर्ट सामने आने के बाद पीड़िता ने संबंधित अधिकारियों से शिकायत कर कार्रवाई की मांग की, लेकिन कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। इसके बाद उन्होंने न्यायालय का दरवाजा खटखटाया। न्यायालय के आदेश पर पनकी पुलिस ने सुनीता पाल, आशीष पाल, मनोज कुमार पाल और विजय कुमार श्रीवास्तव के खिलाफ धोखाधड़ी, जालसाजी और कूटरचना सहित विभिन्न धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया है। बोले थाना प्रभारीपनकी थाना प्रभारी दिनेश बिष्ट बताया कि मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है। दस्तावेजों की सत्यता, बैंक ऋण स्वीकृति की प्रक्रिया तथा अन्य संभावित आरोपियों की भूमिका की भी पड़ताल की जाएगी। जांच में जो भी दोषी पाया जाएगा, उसके खिलाफ नियमानुसार कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
बरेली में देवरनिया थाना क्षेत्र से जुड़े एक विवाद ने अब राजनीतिक रंग ले लिया है। अटल संकल्प पार्टी ने पुलिस अधिकारियों पर गंभीर आरोप लगाते हुए मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की है। पार्टी ने एसएसपी और जिलाधिकारी कार्यालय में ज्ञापन सौंपा है। पार्टी का आरोप है कि स्थानीय पुलिस की कार्यप्रणाली और हालिया कार्रवाई से न्यायिक निष्पक्षता पर सवाल उठ रहे हैं। पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित गंगवार और इंजीनियर योगेश कुमार के नेतृत्व में पदाधिकारियों ने सीओ बहेड़ी, देवरनिया थाना प्रभारी और एक उपनिरीक्षक पर गंभीर आरोप लगाए। पार्टी नेताओं ने दावा किया कि सोशल मीडिया पर वायरल एक वीडियो में सीओ की कथित टिप्पणियां पुलिस की निष्पक्षता पर संदेह उत्पन्न करती हैं। हालांकि, इस वीडियो की पुष्टि अभी तक नहीं हो पाई है। ज्ञापन में यह भी आरोप लगाया गया है कि पुलिस ने एक पार्टी पदाधिकारी के पीआरओ का मोबाइल फोन जबरन जब्त कर लिया। पार्टी ने इस घटना को अधिकारों का दुरुपयोग बताते हुए मामले की जांच किसी बाहरी जिले के वरिष्ठ अधिकारी से कराने की मांग की है। इस विवाद का एक अन्य केंद्र थाना देवरनिया में मुकदमा भी दर्ज है। अटल संकल्प पार्टी का दावा है कि यह मुकदमा मृतक के परिजनों और पार्टी कार्यकर्ताओं पर दबाव बनाने के उद्देश्य से दर्ज किया गया है। इस संबंध में पुलिस की ओर से अभी कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं मिली है। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि यदि मामले की निष्पक्ष जांच और तथ्यों की स्पष्टता समय पर सामने नहीं आती है, तो यह मुद्दा स्थानीय स्तर से आगे बढ़कर व्यापक राजनीतिक बहस का विषय बन सकता है। पार्टी ने चेतावनी दी है कि यदि उनकी मांगें पूरी नहीं होती हैं, तो वे लोकतांत्रिक तरीके से आंदोलन करेंगे। यह ज्ञापन सिटी मजिस्ट्रेट के माध्यम से शासन और प्रशासन को भेजा गया। इस दौरान रवि मौर्य, ओमेंद्र कुमार, मधु शर्मा, अरविंद कुमार, रुक्मणी यादव और अरुण कश्यप सहित कई पार्टी कार्यकर्ता मौजूद थे।
सहारनपुर के डीएम अरविंद कुमार चौहान ने गुरुवार शाम को शाकंभरी देवी मंदिर क्षेत्र का दौरा किया। उन्होंने बाढ़ सुरक्षा, पर्यटन विकास और श्रद्धालुओं की सुविधाओं से जुड़े कार्यों की समीक्षा की और संबंधित विभागों को सुरक्षा तथा विकास कार्यों को समयबद्ध एवं गुणवत्तापूर्ण तरीके से पूरा करने के निर्देश दिए। इससे पूर्व,डीएम ने मां शाकंभरी देवी मंदिर में पूजा-अर्चना कर क्षेत्र की सुख-समृद्धि की कामना की। निरीक्षण के दौरान, डीएम ने मंदिर परिसर और आसपास के क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था सुदृढ़ करने के निर्देश दिए। इसमें पब्लिक एड्रेस (पीए) सिस्टम, सीसीटीवी कैमरे और अर्ली वार्निंग तथा अर्ली अलार्म सिस्टम स्थापित करना शामिल है। उन्होंने जोर दिया कि किसी भी आपदा या आपात स्थिति में श्रद्धालुओं को तत्काल सूचना उपलब्ध कराने के लिए आधुनिक तकनीक का उपयोग आवश्यक है। डीएम ने मंदिर क्षेत्र के बाजार और दुकानों का भी निरीक्षण किया। उन्होंने दुकानदारों को आसपास नियमित साफ-सफाई बनाए रखने तथा दुकानों को सुव्यवस्थित ढंग से संचालित करने के निर्देश दिए। उनका मत था कि एक व्यवस्थित और आकर्षक बाजार क्षेत्र पर्यटन को बढ़ावा देने के साथ-साथ श्रद्धालुओं को भी बेहतर अनुभव प्रदान करेगा। पर्यटन सुविधाओं के विस्तार के लिए, जिलाधिकारी ने पर्यटन थाना स्थापित करने हेतु उपयुक्त भूमि का शीघ्र चिन्हांकन करने के निर्देश दिए। उन्होंने यह भी कहा कि स्थायी भवन के निर्माण तक एक अस्थायी पर्यटन थाना संचालित किया जाए,ताकि पर्यटकों और श्रद्धालुओं को तत्काल सुरक्षा संबंधी सहायता मिल सके। बैठक में प्रस्तावित पुल निर्माण कार्य की भी समीक्षा की गई। डीएम ने कार्यदायी संस्था को निर्देश दिए कि पुल का निर्माण निर्धारित समयसीमा में उच्च गुणवत्ता मानकों के साथ पूरा किया जाए। उन्होंने आवश्यकता पड़ने पर विशेषज्ञों की तकनीकी राय लेने की बात भी कही,ताकि निर्माण कार्य में कोई कमी न रहे। डीएम ने निर्देश दिए कि शाकंभरी देवी क्षेत्र को सुरक्षित, स्वच्छ और आधुनिक धार्मिक पर्यटन स्थल के रूप में विकसित करने के लिए सभी विभाग आपसी समन्वय के साथ कार्य करें। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को विकास कार्यों की नियमित समीक्षा करने और उन्हें तय समय पर पूरा कराने के निर्देश भी दिए। इस दौरान विभिन्न विभागों के अधिकारी और कार्यदायी संस्थाओं के प्रतिनिधि उपस्थित रहे।
हरदोई में दसवीं की छात्रा से दुष्कर्म:कछौना में युवक पर केस दर्ज, पुलिस जांच में जुटी
कछौना कोतवाली क्षेत्र में दसवीं की एक छात्रा से दुष्कर्म और उसका अश्लील वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल करने का मामला सामने आया है। पीड़िता के पिता की शिकायत पर पुलिस ने आरोपी युवक के खिलाफ संबंधित धाराओं में गुरुवार को मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पीड़िता के पिता ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि कछौना नगर की नई कॉलोनी निवासी अदनान नामक युवक ने उनकी नाबालिग बेटी को बहला-फुसलाकर दुष्कर्म किया। आरोप है कि आरोपी ने छात्रा का अश्लील वीडियो भी बना लिया। इसके बाद अदनान ने पीड़िता को बदनाम करने के इरादे से एक फर्जी सोशल मीडिया आईडी बनाकर वह वीडियो इंटरनेट पर वायरल कर दिया। यह अश्लील वीडियो पिछले कई दिनों से सोशल मीडिया पर प्रसारित हो रहा था। जब यह मामला परिजनों के संज्ञान में आया, तो उन्होंने बदनामी के डर के बावजूद हिम्मत जुटाकर पुलिस में शिकायत दर्ज कराई और न्याय की गुहार लगाई। कोतवाल अमित सिंह ने बताया कि पीड़िता के पिता की तहरीर पर आरोपी अदनान के खिलाफ दुष्कर्म, पॉक्सो एक्ट आदि धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है। पुलिस ने पीड़िता का चिकित्सीय परीक्षण भी कराया है। कोतवाल के अनुसार, फर्जी सोशल मीडिया अकाउंट और वीडियो वायरल करने के तकनीकी पहलुओं सहित सभी बिंदुओं पर गहनता से जांच की जा रही है। फरार आरोपी की गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीमें लगातार दबिश दे रही हैं और उसे जल्द ही गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
फिरोजाबाद में पाइप विवाद में युवक की मौत:परिजन 5 घंटे शव रखकर बैठे, हत्यारोपियों पर कार्रवाई की मांग
फिरोजाबाद में पाइप विवाद में घायल हुए एक व्यक्ति की दो दिन बाद मौत हो गई। गुरुवार शाम पोस्टमार्टम के बाद परिजन शव लेकर घर पहुंचे और रामनगर मुख्य मार्ग पर रखकर हंगामा शुरू कर दिया। वे हत्यारोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग कर रहे हैं। यह घटना थाना लाइनपार के मुहल्ला आजाद नगर की है। सोमवार रात करीब 10 बजे विवेक और उनके भाई विकास अपने सबमर्सिबल से पाइप लगाकर घर में पानी भर रहे थे। पाइप से लीक हो रहा पानी पड़ोस में रहने वाले 51 वर्षीय रूप किशोर शंखवार के सबमर्सिबल में जा रहा था। रूप किशोर ने विवेक से पाइप हटाने को कहा, जिस पर दोनों पक्षों में कहासुनी हो गई। आरोप है कि विवेक और विकास ने लाठी-डंडों से रूप किशोर पर हमला कर दिया। सिर में गंभीर चोट लगने से वह बेहोश हो गए। उन्हें पहले सरकारी ट्रामा सेंटर और फिर आगरा के एसएन मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया। बुधवार दोपहर उपचार के दौरान रूप किशोर की मृत्यु हो गई। थाना लाइनपार के एसओ रमित आर्या ने बताया कि मारपीट की सूचना पहले नहीं दी गई थी। आगरा में उपचार के दौरान मौत होने के बाद रूप किशोर की भाभी मधु शंखवार की तहरीर पर विवेक और विकास के खिलाफ गैर इरादतन हत्या और एससी-एसटी एक्ट के तहत मामला दर्ज किया गया है। विवेक को गिरफ्तार कर लिया गया है। मृतक के परिजन मांग कर रहे हैं कि मामले में प्रसारित वीडियो के आधार पर चार आरोपियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की जाए और एसएसपी मौके पर आकर आश्वासन दें, तभी वे शव का अंतिम संस्कार करेंगे। देर शाम तक परिजनों का प्रदर्शन जारी था। मौके पर सीओ के साथ आसपास के थानों की पुलिस फोर्स मौजूद है। मृतक के भतीजे अरुण ने बताया कि रूप किशोर की पत्नी का पहले ही निधन हो चुका है और उनके परिवार में दो बेटियां हैं। गुरुवार शाम चार बजे आगरा में पोस्टमार्टम के बाद परिजन शव लेकर घर पहुंचे थे।
लखनऊ के चिनहट क्षेत्र में साइबर ठगों ने शेयर बाजार में निवेश पर भारी मुनाफे का झांसा देकर मंडी परिषद के सेवानिवृत्त कंप्यूटर ऑपरेटर से 92.50 लाख रुपये ठग लिए। ठगों ने पीड़ित को व्हाट्सएप ग्रुप में जोड़कर निवेश के नाम पर कई किस्तों में रकम जमा कराई और बाद में मोबाइल नंबर बंद कर फरार हो गए। पीड़ित की शिकायत पर चिनहट पुलिस ने चार आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। कमता निवासी दिनेश कुमार शर्मा ने बताया कि वर्ष 2019 में सेवानिवृत्ति के बाद उन्हें बलबीर मेंटर नामक व्हाट्सएप ग्रुप में जोड़ा गया। ग्रुप की एडमिन साक्षी शर्मा ने खुद को कोलकाता निवासी बताते हुए शेयर बाजार में निवेश पर 100 फीसदी लाभ का दावा किया। उसके कहने पर दिनेश ने एक निवेश एप डाउनलोड किया, जहां उनकी आईडी बनाई गई और निवेश की प्रक्रिया शुरू कराई गई। पीड़ित के अनुसार, शुरुआत में उन्होंने 18.50 लाख रुपये निवेश किए, लेकिन कोई लाभ नहीं मिला। जब उन्होंने मुनाफे की मांग की तो ठगों ने आईडी एड्रेस में गड़बड़ी बताकर उसे ठीक करने के नाम पर 29 लाख रुपये और जमा करा लिए। इसके बाद कथित कस्टमर सर्विस के जरिए सेबी खाता सक्रिय कराने के नाम पर 20 लाख रुपये और वसूले गए। रिश्तेदारों से उधार लेकर भी जमा की रकम दिनेश का आरोप है कि बार-बार रकम जमा कराने के बावजूद उन्हें न तो मुनाफा मिला और न ही मूल धन वापस हुआ। बाद में लॉगिन संबंधी समस्या बताकर 13 लाख रुपये और ऐंठ लिए गए। इस तरह ठगों ने उनसे कुल 92.50 लाख रुपये वसूल लिए। पीड़ित ने बताया कि उन्होंने अपनी पेंशन और जीवनभर की जमा पूंजी के अलावा रिश्तेदारों से उधार लेकर भी रकम जमा की थी। जब लगातार दबाव बनाने के बाद भी पैसा वापस नहीं मिला तो आरोपियों ने अपने मोबाइल नंबर बंद कर लिए। इसके बाद दिनेश ने चिनहट थाने में बलबीर, साक्षी शर्मा, एक निवेश कंपनी और एक अन्य व्यक्ति के खिलाफ तहरीर दी। चिनहट इंस्पेक्टर दिनेश चंद्र मिश्र ने बताया कि शिकायत के आधार पर मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। मामले की जांच उपनिरीक्षक मनोज कुमार राव को सौंपी गई है। पीड़ित से बैंक ट्रांजेक्शन और अन्य दस्तावेज मांगे गए हैं, जिनके आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
छत्तीसगढ़ की युवा क्रिकेटर महक नरवासे का चयन श्रीलंका दौरे के लिए भारतीय अंडर-19 महिला क्रिकेट टीम में हुआ है। खास बात यह है कि महक को टी20 और वनडे दोनों सीरीज के लिए भारतीय टीम का उपकप्तान बनाया गया है। राजनांदगांव की रहने वाली महक नरवासे पिछले कुछ वर्षों से छत्तीसगढ़ क्रिकेट में लगातार शानदार प्रदर्शन करती रही हैं। वह छत्तीसगढ़ की अंडर-15, अंडर-19, अंडर-23 और सीनियर महिला टीम का हिस्सा रह चुकी हैं। उनके लगातार प्रदर्शन का ही नतीजा है कि उन्हें भारतीय अंडर-19 टीम में महत्वपूर्ण जिम्मेदारी सौंपी गई है। वर्तमान में महक बेंगलुरु स्थित नेशनल क्रिकेट अकादमी (NCA) में प्रशिक्षण ले रही हैं। वहां वह देश की अन्य प्रतिभावान खिलाड़ियों के साथ अपनी क्रिकेट कौशल को और निखार रही हैं। भारत और श्रीलंका के बीच अंडर-19 महिला टी20 सीरीज की शुरुआत 22 जून से होगी। इसके बाद दोनों देशों के बीच वनडे मुकाबले भी खेले जाएंगे। इस दौरे में महक भारतीय टीम का प्रतिनिधित्व करते हुए उपकप्तान की भूमिका निभाएंगी। महक के चयन और उपकप्तान बनाए जाने पर छत्तीसगढ़ क्रिकेट संघ के पदाधिकारियों, कोचों और खिलाड़ियों ने खुशी जताई है। इसे प्रदेश की महिला क्रिकेट के लिए बड़ी उपलब्धि माना जा रहा है।
सहारनपुर के अंबेहटा क्षेत्र में एक किसान से लिफ्ट देने के बहाने 15,500 रुपए की ठगी का मामला सामने आया है। यह घटना गुरुवार को हुई जब किसान हरि सिंह बैंक से पैसे निकालकर अपने गांव लौट रहे थे। पुलिस ने पीड़ित की शिकायत पर जांच शुरू कर दी है और सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही है। गांव इस्लामनगर निवासी किसान हरि सिंह पुत्र झारू गुरुवार को अंबेहटा स्थित कोऑपरेटिव बैंक पहुंचे थे। उन्होंने खेती और घरेलू जरूरतों के लिए 15,500 रुपए निकाले। बैंक से बाहर निकलने के बाद, जब वे अपने गांव लौटने के लिए वाहन का इंतजार कर रहे थे, तभी एक स्कूटी (एक्टिवा) सवार युवक ने उन्हें इस्लामनगर की तरफ जाने की बात कहकर लिफ्ट देने की पेशकश की। गांव पहुंचने की जल्दी में किसान हरि सिंह स्कूटी पर बैठ गए। कुछ दूरी तय करने के बाद जब उन्होंने अपनी जेब टटोली, तो उसमें रखे 15,500 रुपए गायब मिले। नकदी गायब होने का पता चलते ही किसान के होश उड़ गए और उन्होंने तुरंत आसपास तलाश की, लेकिन कोई सुराग नहीं मिला। घटना की सूचना तुरंत पुलिस को दी गई। सूचना मिलते ही नकुड़ कोतवाली प्रभारी निरीक्षक देवेश कुमार शर्मा और चौकी प्रभारी देवेंद्र अधाना पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस अधिकारियों ने पीड़ित किसान से घटना की पूरी जानकारी ली और घटनास्थल का निरीक्षण किया। कोतवाली प्रभारी निरीक्षक देवेश कुमार शर्मा ने बताया कि पीड़ित किसान की ओर से तहरीर प्राप्त हो गई है। मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है। बैंक परिसर और मार्ग में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है। प्रारंभिक जांच में लिफ्ट देने के बहाने वारदात को अंजाम देने की बात सामने आई है। पुलिस जल्द ही आरोपी की पहचान कर उसे गिरफ्तार करेगी। उन्होंने लोगों से अपील की है कि बैंक से नकदी निकालने के बाद अनजान व्यक्तियों से दूरी बनाए रखें और किसी अपरिचित व्यक्ति की लिफ्ट लेने से बचें।
मध्य प्रदेश कांग्रेस की सीनियर नेता मीनाक्षी नटराजन का राज्यसभा चुनाव के लिए भरा गया नामांकन पत्र रद्द होने के विरोध में मैहर में कांग्रेसियों का गुस्सा फूट पड़ा। गुरुवार रात करीब 7:30 बजे कांग्रेस और यूथ कांग्रेस के कार्यकर्ता घंटाघर चौराहे पर इकट्ठा हुए। वहां उन्होंने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार का पुतला फूंका और अपना विरोध जताया। पुतला दहन के दौरान वहां तैनात पुलिसकर्मियों ने कार्यकर्ताओं से पुतला छीनने की कोशिश भी की, लेकिन प्रदर्शनकारी पुलिस को छकाते हुए पुतला जलाने में कामयाब रहे। इस खींचतान की वजह से चौराहे पर कुछ देर के लिए माहौल तनावपूर्ण हो गया और कार्यकर्ताओं ने जमकर नारेबाजी की। नामांकन रद्द करने को बताया लोकतंत्र के खिलाफ कांग्रेस नेताओं ने सीधे तौर पर आरोप लगाया कि मीनाक्षी नटराजन का नामांकन जानबूझकर रद्द किया गया है, जो लोकतांत्रिक मर्यादाओं के बिल्कुल खिलाफ है। उन्होंने पूरी चुनाव प्रक्रिया पर ही पक्षपात करने का आरोप मढ़ दिया। नेताओं का कहना था कि केंद्र और राज्य सरकार के राजनीतिक दबाव में आकर यह कार्रवाई की गई है, इसलिए इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए। जनआंदोलन की दी चेतावनी प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने मुख्य चुनाव आयुक्त और सरकार के खिलाफ तीखे नारे लगाए। उन्होंने साफ शब्दों में चेतावनी दी कि पार्टी इस नाइंसाफी के खिलाफ चुप नहीं बैठेगी और इस मुद्दे को लेकर सड़क पर उतरकर बड़ा जनआंदोलन चलाएगी। इस प्रदर्शन में जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष धर्मेश घई और यूथ कांग्रेस के प्रदेश सचिव शिवम पाण्डेय समेत बड़ी संख्या में कांग्रेसी कार्यकर्ता और पदाधिकारी मौजूद रहे।
भारत की राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के आगामी कूनो नेशनल पार्क दौरे को लेकर जिला प्रशासन और पुलिस विभाग ने तैयारियां तेज कर दी हैं। 21 जून को होने वाले राष्ट्रपति के आगमन और रात्रि विश्राम कार्यक्रम के मद्देनजर गुरुवार को कूनो नेशनल पार्क में संभागायुक्त सुरेश कुमार की अध्यक्षता में एक उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक आयोजित की गई। 21 जून को कूनो पहुंचेंगी राष्ट्रपति राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू अपने मध्य प्रदेश दौरे के दौरान इंदौर, बैतूल, ओंकारेश्वर, जबलपुर और ग्वालियर के साथ श्योपुर स्थित कूनो नेशनल पार्क का भी भ्रमण करेंगी। तय कार्यक्रम के मुताबिक, वे 21 जून को दोपहर करीब 3 बजे कूनो पहुंचेंगी और वहां रात्रि विश्राम करने के बाद अगले दिन 22 जून को सुबह 10 बजे प्रस्थान करेंगी। हेलीपैड और सुरक्षा व्यवस्था का लिया जायजा बैठक के बाद कलेक्टर शीला दाहिमा और पुलिस अधीक्षक सुधीर कुमार अग्रवाल ने कूनो नेशनल पार्क का जमीनी निरीक्षण किया। अधिकारियों ने हेलीपैड स्थल का जायजा लेते हुए PWD के अफसरों को प्रोटोकॉल के तहत बैरिकेडिंग कराने के निर्देश दिए। इसके साथ ही सुरक्षा चेकिंग पॉइंट्स, स्वास्थ्य सुविधाओं और संचार व्यवस्थाओं को भी परखा गया। बैठक में शामिल रहे कई आला अधिकारी इस उच्चस्तरीय बैठक में डीआईजी चंबल सुनील कुमार जैन ने कानून-व्यवस्था और सुरक्षा प्रबंधों की बारीकी से समीक्षा की। बैठक में कूनो डीएफओ आर. थिरूकुराल, अपर कलेक्टर रूपेश उपाध्याय, एडिशनल एसपी प्रवीण भूरिया सहित श्योपुर और कराहल के एसडीएम समेत विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे। अधिकारियों को राष्ट्रपति के प्रोटोकॉल के मुताबिक सभी जरूरी इंतजाम समय पर पूरे करने के निर्देश दिए गए हैं।
सहारनपुर कलेक्ट्रेट बार एसोसिएशन के बार हॉल के मुख्य द्वार का लोकार्पण गुरुवार को डीएम अरविंद कुमार चौहान ने फीता काटकर किया। इस अवसर पर बार एसोसिएशन परिसर में एक सम्मान समारोह आयोजित किया गया,जिसमें अधिवक्ताओं ने जिलाधिकारी का फूल-मालाएं पहनाकर और स्मृति चिन्ह भेंट कर स्वागत एवं सम्मान किया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में अधिवक्ता और प्रशासनिक अधिकारी उपस्थित रहे। लोकार्पण के बाद आयोजित समारोह को संबोधित करते हुए डीएम अरविंद कुमार चौहान ने कहा कि अधिवक्ता समाज और न्याय व्यवस्था के महत्वपूर्ण स्तंभ हैं। उन्होंने न्याय दिलाने की प्रक्रिया में अधिवक्ताओं की भूमिका को अत्यंत महत्वपूर्ण बताया। डीएम ने इस बात पर जोर दिया कि प्रशासन और अधिवक्ताओं के बीच बेहतर समन्वय से आमजन की समस्याओं का त्वरित और प्रभावी समाधान संभव है। उन्होंने अधिवक्ताओं को आश्वासन दिया कि प्रशासन उनकी सुविधाओं और बार परिसर के विकास से जुड़े विषयों पर सकारात्मक दृष्टिकोण के साथ काम करेगा। डीएम ने कहा कि कलेक्ट्रेट बार केवल एक संस्था नहीं,बल्कि न्यायिक व्यवस्था का एक सशक्त केंद्र है,जहां आने वाले प्रत्येक व्यक्ति को न्याय की उम्मीद होती है। उन्होंने कहा कि अधिवक्ताओं और प्रशासन के बीच सहयोग की भावना जितनी मजबूत होगी,आम नागरिकों को उतना ही अधिक लाभ मिलेगा। कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए बार एसोसिएशन के जिला अध्यक्ष ठाकुर संजीव कुमार एडवोकेट ने अपने संबोधन में कहा कि अधिवक्ता समाज हमेशा लोकतांत्रिक मूल्यों और न्याय व्यवस्था की मजबूती के लिए कार्य करता रहा है। उन्होंने जिलाधिकारी द्वारा बार हॉल के मुख्य द्वार का लोकार्पण किए जाने को अधिवक्ताओं के लिए सम्मान और गौरव का विषय बताया। ठाकुर संजीव कुमार ने कहा कि इस लोकार्पण से बार परिसर की सुविधाओं में वृद्धि होगी और अधिवक्ताओं को बेहतर कार्य वातावरण मिलेगा। उन्होंने डीएम अरविंद कुमार चौहान की प्रशंसा करते हुए कहा कि वे प्रशासनिक कार्यों के साथ-साथ अधिवक्ताओं की समस्याओं के समाधान के प्रति भी संवेदनशील हैं।उनके कार्यकाल में बार और प्रशासन के बीच बेहतर संवाद स्थापित हुआ है,जिसका लाभ न्यायिक व्यवस्था और आम जनता दोनों को मिल रहा है। समारोह के दौरान बार एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने बार परिसर के विकास और अधिवक्ताओं की विभिन्न समस्याओं से भी जिलाधिकारी को अवगत कराया।
लुधियाना में ट्रक ने 2 लोगों को कुचला:बोलेरो का पंचर लगाते वक्त हादसा, मौके पर मौत; ड्राइवर फरार
लुधियाना जिले के दोराहा स्थित जीटी रोड पर गुरुवार को एक सड़क हादसे में 2 व्यक्तियों की मौत हो गई। मृतकों की पहचान कपूरथला निवासी रसाल सिंह और गांव पल्ला (पायल) निवासी रघुवीर सिंह के रूप में हुई है। दुर्घटना के बाद ट्रक ड्राइवर वाहन छोड़कर मौके से फरार हो गया, पुलिस ने ट्रक को जब्त कर जांच शुरू कर दी है। जानकारी के अनुसार, रसाल सिंह अपने एक परिचित के साथ बोलेरो गाड़ी से यात्रा कर रहे थे। दोराहा के बरमालीपुर चौक के पास उनकी गाड़ी का टायर पंचर हो गया। टायर ठीक करवाने के लिए पास की दुकान से पंचर मिस्त्री रघुवीर सिंह को बुलाया गया। हादसे में 2 लोगों की मौत रघुवीर सिंह बोलेरो का पंचर ठीक कर रहे थे और रसाल सिंह उनके पास खड़े थे। इसी दौरान, एक तेज रफ्तार ट्रक ने दोनों को अपनी चपेट में ले लिया। इस दुर्घटना में दोनों व्यक्तियों की मौके पर ही मौत हो गई। पुलिस ने ट्रक को किया जब्त घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू की। पुलिस ने दुर्घटना में शामिल ट्रक को जब्त कर लिया है, हालांकि चालक घटनास्थल से फरार होने में सफल रहा। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, दोनों शवों को सिविल अस्पताल की मोर्चरी में रखवाया गया है। शुक्रवार को पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिए जाएंगे। पुलिस फरार ट्रक चालक की तलाश कर रही है और मामले की आगे की जांच जारी है।
जर्मनी के कॉन्सुलेट जनरल क्रिस्टोफ हॉलियर ने 10 और 11 जून को इंदौर व पीथमपुर का दो दिवसीय दौरा कर क्षेत्र की औद्योगिक, आईटी और पर्यटन संभावनाओं का विस्तृत अवलोकन किया। इस दौरान उन्होंने ऐतिहासिक धरोहरों से लेकर आधुनिक औद्योगिक इकाइयों तक का भ्रमण कर क्षेत्र की विकास क्षमता को करीब से समझा। दौरे के पहले दिनहॉलियर ने इंदौर के प्रमुख ऐतिहासिक स्थलों लालबाग पैलेस और राजवाड़ा का भ्रमण किया। उन्होंने शहर की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत, ऐतिहासिक महत्व और स्थापत्य कला की सराहना करते हुए कहा कि इंदौर अंतरराष्ट्रीय पर्यटकों के लिए एक आकर्षक पर्यटन केंद्र बनने की क्षमता रखता है। दौरे के दूसरे दिन उन्होंने पीथमपुर स्थित हेटिच इंडिया की इकाई महाले आनंद थर्मल सिस्टम्स प्राइवेट लिमिटेड तथा इंदौर स्थित इंफोविन्स टेक्नोलॉजीज लिमिटेड का निरीक्षण किया। यहां उन्होंने आधुनिक उत्पादन प्रक्रियाओं, तकनीकी नवाचारों और औद्योगिक अधोसंरचना की जानकारी ली। साथ ही सूचना प्रौद्योगिकी क्षेत्र में इंदौर की बढ़ती भूमिका को भी समझा। इस अवसर पर एमपीआईडीसी इंदौर के कार्यकारी संचालक हिमांशु प्रजापति ने उन्हें इंदौर-पीथमपुर क्षेत्र की औद्योगिक प्रगति, निवेश अवसरों, विकसित हो रहे लॉजिस्टिक्स नेटवर्क, आईटी इकोसिस्टम और व्यापारिक संभावनाओं से अवगत कराया। उन्होंने क्षेत्र में उपलब्ध विश्वस्तरीय औद्योगिक सुविधाओं, कुशल मानव संसाधन और निवेशकों के लिए अनुकूल माहौल की जानकारी भी दी। कॉन्सुलेट जनरल हॉलियर ने कहा कि भारत, जर्मनी का दूसरा सबसे महत्वपूर्ण व्यापारिक साझेदार है और दोनों देशों के बीच आर्थिक एवं निवेश संबंध लगातार मजबूत हो रहे हैं। उन्होंने कहा कि इंदौर-पीथमपुर क्षेत्र औद्योगिक और तकनीकी सहयोग के लिए अत्यंत संभावनाशील है तथा भविष्य में जर्मन उद्योगों और निवेशकों के लिए एक प्रमुख केंद्र बन सकता है। उन्होंने विश्वास जताया कि मध्यप्रदेश में उपलब्ध औद्योगिक सुविधाएं और निवेश अनुकूल वातावरण भारत-जर्मनी सहयोग को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाएंगे। इस दौरे को भारत और जर्मनी के बीच औद्योगिक, तकनीकी और निवेश संबंधों को और मजबूत बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
रायपुर पश्चिम विधानसभा क्षेत्र में महिलाओं और बच्चों के लिए एक नई सुविधा शुरू होने जा रही है। रायपुरा के विप्र नगर में करीब 80 लाख रुपए की लागत से तैयार 'महतारी सदन', महिला योग भवन और महिला जुंबा सेंटर का लोकार्पण 14 जून को होगा। दावा किया जा रहा है कि यह छत्तीसगढ़ का पहला सरकारी स्तर का महिला योग और जुंबा सेंटर होगा। इस परिसर का लोकार्पण रायपुर सांसद बृजमोहन अग्रवाल करेंगे। कार्यक्रम की अध्यक्षता रायपुर पश्चिम विधायक और पूर्व मंत्री राजेश मूणत करेंगे। समारोह में कई जनप्रतिनिधियों के शामिल होने की संभावना है। गरीब बच्चों के लिए प्ले स्कूल भी महतारी सदन में महिलाओं के लिए योग और फिटनेस सुविधाओं के साथ बच्चों के लिए आधुनिक प्ले स्कूल भी बनाया गया है। इसका उद्देश्य ऐसे परिवारों के बच्चों को शुरुआती शिक्षा और डे-केयर जैसी सुविधाएं उपलब्ध कराना है, जो महंगे निजी प्ले स्कूलों का खर्च नहीं उठा सकते। परिसर में बच्चों के लिए खेल, सीखने और बौद्धिक विकास से जुड़ी सुविधाएं विकसित की गई हैं। स्थानीय लोगों का मानना है कि इससे आसपास के मध्यम और निम्न आय वर्ग के परिवारों को फायदा मिलेगा। महिलाओं को मिलेगी योग और जुंबा की सुविधा भवन में महिलाओं के लिए अलग से योग भवन और जुंबा सेंटर बनाया गया है। यहां महिलाएं फिटनेस गतिविधियों में हिस्सा ले सकेंगी। अभी तक ऐसी सुविधाएं ज्यादातर निजी संस्थानों तक सीमित थीं, जहां नियमित शुल्क देना पड़ता है। स्थानीय स्तर पर इसे महिलाओं के स्वास्थ्य और फिटनेस से जोड़कर देखा जा रहा है। महाराष्ट्र मंडल को मिल सकती है जिम्मेदारी विधायक राजेश मूणत की योजना के तहत रायपुर पश्चिम में तीन महतारी सदन बनाए जा रहे हैं। टाटीबंध में बने पहले महतारी सदन का संचालन महाराष्ट्र मंडल कर रहा है। अब विप्र नगर में बने नए महतारी सदन के संचालन और प्ले स्कूल प्रबंधन की जिम्मेदारी भी महाराष्ट्र मंडल को सौंपे जाने की तैयारी है। निगम और जनप्रतिनिधियों का मानना है कि इससे सुविधाओं का संचालन व्यवस्थित तरीके से हो सकेगा। राजेश मूणत बोले- विकास का मतलब सिर्फ इमारतें बनाना नहीं विधायक राजेश मूणत ने कहा कि विकास केवल भवन निर्माण तक सीमित नहीं होना चाहिए, बल्कि ऐसी सुविधाएं तैयार होनी चाहिए जिनसे समाज के कमजोर वर्गों के जीवन में सकारात्मक बदलाव आए। उन्होंने कहा कि उनकी कोशिश है कि आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों के बच्चों को भी बेहतर शुरुआती शिक्षा मिले और महिलाओं को स्वास्थ्य संबंधी सुविधाएं उपलब्ध हों। क्या है खास? रायपुरा के विप्र नगर में 80 लाख रुपए से तैयार हुआ परिसर। महिला योग भवन और जुंबा सेंटर की सुविधा। गरीब और मध्यम वर्गीय बच्चों के लिए प्ले स्कूल। 14 जून को होगा लोकार्पण। संचालन के लिए महाराष्ट्र मंडल को जिम्मेदारी दिए जाने की तैयारी।
मऊगंज जिले के पुलिस विभाग के लिए गुरुवार को प्रमोशन प्रक्रिया पूरी की गई, जिसमें 30 आरक्षकों को हेड कांस्टेबल का कार्यवाहक प्रभार सौंपा गया। कलेक्ट्रेट सभागार में हुए कार्यक्रम में रीवा रेंज के आईजी गौरव राजपूत और रीवा संभाग के कमिश्नर बी.एस. जामोद ने प्रमोट हुए पुलिसकर्मियों की वर्दी पर स्टार और बैच लगाए। यह पूरी प्रक्रिया मऊगंज के पुलिस अधीक्षक (एसपी) सुरेंद्र कुमार जैन की कोशिशों से मुमकिन हो पाई। उन्होंने प्रमोशन के अधिकार हासिल करने के लिए पुलिस मुख्यालय भोपाल को एक प्रस्ताव भेजा था। वहां से हरी झंडी मिलने के बाद तय नियमों और सीनियरिटी के आधार पर 30 योग्य जवानों को हेड कांस्टेबल के पद पर चुना गया। पद और सम्मान के साथ बढ़ी जिम्मेदारी समारोह के दौरान आईजी गौरव राजपूत ने कहा कि प्रमोशन मिलने से कर्मचारियों का मनोबल तो बढ़ता ही है, साथ ही उनकी कार्यक्षमता और जिम्मेदारी भी दोगुनी हो जाती है। अब इनके पांस जांच का अधिकारी भी होगा। वहीं कमिश्नर बी.एस. जामोद ने भी जवानों की हौसलाअफजाई करते हुए कहा कि नए पद के साथ पुलिसकर्मियों की भूमिका अब और ज्यादा अहम हो जाएगी, जिससे जिले की कानून-व्यवस्था को और मजबूती मिलेगी। जिले की पुलिसिंग होगी और मजबूत इस दौरान मऊगंज कलेक्टर संजय जैन और एसडीओपी सचि पाठक समेत पुलिस और प्रशासन के कई बड़े अधिकारी मौजूद रहे। सभी सीनियर अफसरों ने उम्मीद जताई कि प्रमोट हुए नए हेड कांस्टेबल पूरी ईमानदारी, अनुशासन और सेवा भावना के साथ अपना फर्ज निभाएंगे। उनसे अपराधों पर लगाम कसने, आम जनता की सुरक्षा करने और पुलिस-पब्लिक के बीच बेहतर तालमेल बनाने की उम्मीद की गई है। नए जिले में इस कदम को पुलिस फोर्स का उत्साह बढ़ाने और प्रशासनिक पकड़ मजबूत करने के लिहाज से बड़ा फैसला माना जा रहा है।
गोरखपुर में मुहर्रम के चांद के साथ इस्लामी कैलेंडर के नए साल 1448 हिजरी की शुरुआत होगी। मंगलवार की शाम चांद देखा जाएगा। चांद नजर आने के बाद 17 या 18 जून से नया इस्लामी साल शुरू होगा। इसी बीच तुर्कमानपुर स्थित मकतब इस्लामियात में ‘अल्लाह पर यकीन और अच्छा इंसान बनने की राह’ विषय पर संगोष्ठी हुई। इसमें वक्ताओं ने अल्लाह पर भरोसा रखने, अच्छे कर्म करने और इंसानियत की राह पर चलने का संदेश दिया। तहरीक उलमा-ए-हिंद के चेयरमैन मुफ्ती खालिद अय्यूब मिस्बाही ने कहा कि अल्लाह पर यकीन इंसान को मुश्किल परिस्थितियों का सामना करने की ताकत देता है। हर परेशानी के बाद आसानी आती है। इंसान को हमेशा अच्छे कर्म करते हुए दूसरों की मदद करनी चाहिए। अच्छा इंसान बनने के लिए व्यवहार में विनम्रता, दया और ईमानदारी जरूरी है। अच्छे विचार और अनुशासन से बनता है बेहतर इंसानसंगोष्ठी की अध्यक्षता करते हुए राजस्थान के अरबाज रजा कादरी ने कहा कि लोगों को दूसरों के दुख-दर्द को समझना चाहिए। किसी को तकलीफ पहुंचाने के बजाय माफ करने की आदत अपनानी चाहिए। अच्छे विचार, सकारात्मक सोच और अनुशासन इंसान को बेहतर बनाते हैं। चिश्तिया मस्जिद बक्शीपुर के इमाम मौलाना महमूद रजा कादरी ने बताया कि मुहर्रम इस्लामी कैलेंडर का पहला महीना है। चांद दिखने के बाद नया साल शुरू होगा। यौमे आशूरा यानी दसवीं मुहर्रम 26 या 27 जून को पड़ेगी। इमामबाड़ा इस्टेट से निकलेंगे शाही जुलूससब्जपोश हाउस मस्जिद जाफरा बाजार के इमाम हाफिज रहमत अली निजामी ने कहा कि मुहर्रम में इबादत, रोजा और नेक कामों की खास अहमियत है। लोगों को अमन और आपसी भाईचारा बनाए रखते हुए कार्यक्रम करने चाहिए। समाजसेवी नेहाल अहमद ने बताया कि मुहर्रम शुरू होते ही शहर में कर्बला के शहीदों की याद में महफिल और मजलिस शुरू होंगी। इमामबाड़ा इस्टेट मियां बाजार से 5, 9 और 10 मुहर्रम को शाही जुलूस निकालने की परंपरा है। इसके अलावा शहर के अलग-अलग इमाम चौकों से भी जुलूस निकाले जाएंगे।
माखननगर थाना क्षेत्र के ग्राम फुरतला में 18 मई 2026 को हुई 70 वर्षीय रामबाई राजपूत की हत्या का पुलिस ने सनसनीखेज खुलासा किया है। पुलिस जांच में सामने आया कि महिला की हत्या उसके सगे भतीजे राकेश राजपूत ने ही जमीन और मकान के लालच में की थी। वारदात के अगले दिन जब घटना का खुलासा हुआ और पुलिस व एफएसएल टीम मौके पर पहुंची, तब आरोपी राकेश भी वहां मौजूद रहा। वह लगातार पुलिस की गतिविधियों पर नजर रखता रहा और खुद को सामान्य दिखाने की कोशिश करता रहा। लेकिन तकनीकी साक्ष्यों और उसके संदिग्ध व्यवहार के आधार पर पुलिस का शक उसी पर गहराता गया। माखननगर थाना प्रभारी एसआई आकाशदीप पचाया ने बताया कि पूछताछ के दौरान आरोपी लगातार गुमराह करता रहा और अंतिम समय तक जुर्म स्वीकार नहीं किया। बाद में साइबर सेल की रिपोर्ट और अन्य तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर उसे गिरफ्तार किया गया। पूछताछ में उसने तकिए से मुंह दबाकर अपनी बुआ की हत्या करना कबूल कर लिया। अंधेरे का फायदा उठाकर की हत्यापुलिस के अनुसार, वारदात की रात आरोपी चोरी से बागुड़ कूदकर घर के आंगन में घुसा था। आवाज सुनकर रामबाई जाग गईं। पूछने पर आरोपी ने कहा कि उसे लगा वह सो रही होंगी, इसलिए दरवाजा नहीं खटखटाया। रात में बिजली चली गई। अंधेरे का फायदा उठाकर राकेश ने तकिए से बुजुर्ग महिला का मुंह दबा दिया। अचेत होने के बाद वह उन्हें आंगन से उठाकर घर के अंदर ले गया और वहां भी तकिए से मुंह दबाए रखा, जिससे उनकी मौत हो गई। जेवर और जमीन के दस्तावेज लेकर फरारहत्या के बाद आरोपी ने घर से पैरों की कड़ी, कान के जेवर, बिछिया, 5 हजार रुपए नकद, जमीन की बही, मकान की रजिस्ट्री, शपथ पत्र, आधार कार्ड, राशन कार्ड, हिसाब-किताब की डायरी चुराकर दरवाजा बंद किया और फरार हो गया। नर्मदा घाट किनारे छिपाया सामानगिरफ्तारी के बाद एक दिन की पुलिस रिमांड में आरोपी को वंशीखैरी गांव के पास नर्मदा घाट ले जाया गया। उसने वहीं जेवर और दस्तावेज छिपाने की जानकारी दी, जिसके बाद पुलिस ने सामग्री बरामद कर ली। जमीन के लिए बनाया हत्या का प्लानमृतका के पति की एक साल पहले मौत हो चुकी थी और उनके कोई संतान नहीं थी। करीब 8 एकड़ जमीन और मकान उनके नाम थे। पुलिस पूछताछ में आरोपी ने बताया कि बुआ अकेली रहती थीं और दूसरे भतीजों को खर्च के लिए रुपए देती थीं, लेकिन उसे कुछ नहीं देती थीं। इसी बात से नाराज होकर उसने हत्या की योजना बनाई। पहले लगाए थे पुलिस पर मारपीट के आरोपघटना के बाद पूछताछ के लिए पुलिस ने राकेश और अन्य परिजनों को थाने बुलाया था। 19 से 29 मई के बीच उससे कई बार पूछताछ हुई। इस दौरान शरीर पर चोट के निशान दिखाकर उसने थाना प्रभारी आकाशदीप पचाया और अन्य पुलिसकर्मियों पर मारपीट के आरोप भी लगाए थे। हालांकि बाद में जांच में वही मुख्य आरोपी निकला।
पूर्व मुख्यमंत्री सलाहकार संयम लोढ़ा ने राज्य के मुख्य सचिव वी. श्रीनिवास को पत्र लिखकर उनके 2019 के सिरोही और अन्य आकांक्षी जिले के संबंध में जारी किए आदेश के बारे में बताया। उन्होंने मुख्य सचिव की क्रियान्विति का आग्रह किया है। लोढ़ा ने कहा- सिरोही जिले से किसी भी सरकारी कार्मिक को तब तक दूसरी जगह नहीं भेजा जा सकता है, जब तक की बदले में उसका रिप्लेसमेंट नहीं दिया गया हो। लोढ़ा ने राज्य के मुख्य सचिव को याद दिलाया कि उनकी जनहित याचिका पर हाईकोर्ट ने यह निर्देश दिए थे। सिरोही जिले में कार्मिकों के वहां की स्थिति को देखते हुए बिना रिप्लेसमेंट कोई कार्मिक वहां से नहीं हटाया जाए। जनहित याचिका मुख्य रूप से सिरोही जिले चिकित्सालयों में डॉक्टर और स्टाफ की कमी को लेकर दायर की गई थी, लेकिन याचिका पर लगातार सुनवाई के दौरान यह तथ्य कोर्ट के संज्ञान में आया कि आकांक्षी जिलों के अंदर स्थिति बेहद खराब हो रही है। संयम लोढ़ा ने कहा- मुख्य सचिव के साल 2019 के आदेश की 2023 तक पालना की गई। कई चिकित्सकों ने इस अवधि में अपने ट्रांसफर कराए और जब उन्हें रिलीव नहीं किया गया तो वे हाईकोर्ट तक गए, लेकिन तब भी हाईकोर्ट ने यह निर्देश दिया कि इन्हें बिना रिप्लेसमेंट के रिलीव नहीं किया जा सकता। अब लगातार कार्मिकों के जिले से बाहर जाने के कारण दशा बेहद बिगड़ गई है। जिले के करीब 20 सीनियर सेकेंडरी स्कूल की स्थिति यह है कि वहां एक से लेकर 4 तक ही शिक्षक कार्यरत है। अब वहां 12 कक्षाएं कैसे पढ़ाई जा सकेगी। कई उच्च प्राथमिक विद्यालय और प्राथमिक विद्यालय एकल टीचर स्कूल है। इसमें भी विद्यार्थियों का जीवन बर्बाद हो रहा है। पशुपालन, पंचायती राज सभी संस्थाओं की एक जैसी स्थिति बनी हुई है। लोढ़ा ने मुख्य सचिव से आग्रह किया है कि इस आदेश की पालना की जाए।
उत्तर प्रदेश में प्रतियोगी परीक्षाओं की शुचिता बनाए रखने के लिए स्पेशल टास्क फोर्स (STF) की इलाहाबाद यूनिट ने एक बड़ी कार्रवाई की है। एसटीएफ ने सिपाही और होमगार्ड भर्ती परीक्षाओं में पास कराने के नाम पर छात्रों से अवैध वसूली करने वाले एक गिरोह के दो सदस्यों को प्रयागराज और जौनपुर से गिरफ्तार किया है। यह गिरोह छात्रों को सरकारी नौकरी दिलाने का झांसा देकर लाखों रुपये की ठगी कर रहा था। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान छोटे लाल यादव (निवासी बड़ागांव, थाना मुंगरा बादशाहपुर, जौनपुर) और राजू कुमार मांझी (पुत्र सुनील मांझी, निवासी ग्राम हकाम, थाना मुफस्सिल, सिवान, बिहार, वर्तमान पता- शांतिकुंज अपार्टमेंट, टैगोर टाउन, प्रयागराज) के रूप में हुई है। पुलिस की शुरुआती पूछताछ में इस पूरे मामले में कुल चार लोगों के शामिल होने का खुलासा हुआ है। गिरोह के दो अन्य फरार सदस्यों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीमें लगातार दबिश दे रही हैं। पूछताछ के दौरान, राजू कुमार मांझी ने बताया कि वह अपने साथियों के साथ मिलकर उत्तर प्रदेश पुलिस आरक्षी भर्ती परीक्षा-2025 और अन्य प्रतियोगी परीक्षाओं में अभ्यर्थियों को पास कराने का प्रलोभन देता था। छोटेलाल यादव और अन्य सदस्य अभ्यर्थियों की तलाश करते थे, उनके प्रवेश पत्र लेते थे और उनसे मोटी रकम वसूलते थे। अवैध रूप से वसूली गई धनराशि को वे आपस में बांट लेते थे। इस फर्जीवाड़े और धोखाधड़ी के संबंध में आरोपियों के खिलाफ संबंधित थाने में धारा 420 के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है। पुलिस आगे की कानूनी कार्रवाई के साथ-साथ गिरोह के अन्य नेटवर्क को खंगालने में जुटी है। राजू कुमार मांझी का आपराधिक इतिहास भी रहा है; उसे वर्ष 2022 में भी नौकरी दिलाने के नाम पर धोखाधड़ी के आरोप में गिरफ्तार कर जेल भेजा गया था।
फतेहपुर में घर में आग लगी:बिजली के शॉर्ट सर्किट से गृहस्थी का सामान जला
उत्तर प्रदेश के फतेहपुर जिले के किशनपुर थाना क्षेत्र के चंदापुर गढ़ा गांव में गुरुवार देर शाम एक मकान में भीषण आग लग गई। इस घटना में घर का सारा घरेलू सामान जलकर राख हो गया और मकान को भी काफी नुकसान पहुंचा है। यह घटना गांव निवासी गया पासवान के घर में रात करीब 8 बजे हुई। ग्रामीणों के अनुसार, आग लगने का मुख्य कारण बिजली का शॉर्ट सर्किट बताया जा रहा है। देखते ही देखते आग ने विकराल रूप ले लिया और पूरे घर को अपनी चपेट में ले लिया। आग की लपटें देखकर आसपास के ग्रामीण तुरंत मौके पर पहुंचे। उन्होंने बाल्टियों और अन्य उपलब्ध संसाधनों की मदद से आग बुझाने का प्रयास शुरू किया। काफी मशक्कत के बाद ग्रामीणों ने आग पर काबू पा लिया। हालांकि, तब तक घर में रखा अधिकांश सामान जलकर नष्ट हो चुका था। घटना के बाद पीड़ित परिवार के सामने दैनिक आवश्यकताओं का संकट खड़ा हो गया है। ग्रामीणों ने प्रशासन से पीड़ित परिवार को तत्काल आर्थिक सहायता प्रदान करने की मांग की है। किशनपुर थाना प्रभारी मुकेश कुमार सिंह ने बताया कि आग से हुए नुकसान का सटीक आकलन करना अभी मुश्किल है। उन्होंने यह भी जानकारी दी कि ग्रामीणों की मदद से आग बुझाने का प्रयास जारी रहा और दमकल विभाग को भी सूचित कर दिया गया था।
बुलंदशहर डिस्ट्रिक्ट बार एसोसिएशन के चुनाव परिणाम गुरुवार को घोषित कर दिए गए। रविन्द्र शर्मा अध्यक्ष, मनोज खालोर महासचिव और कविता रानी कोषाध्यक्ष पद पर निर्वाचित हुए हैं। इन प्रमुख पदों के लिए मतदान शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुआ था। चुनाव में कुल 1209 मत डाले गए थे। अध्यक्ष पद के लिए रविन्द्र शर्मा ने 665 वोट प्राप्त कर जीत हासिल की। उनके निकटतम प्रतिद्वंद्वी यतेन्द्र पाल सिंह तोमर को 494 वोट मिले। वीरेंद्र शर्मा को 42 वोट मिले, जबकि 8 मत अवैध घोषित किए गए। महासचिव पद पर मनोज खालोर ने 705 वोट प्राप्त कर जीत दर्ज की। इस पद पर शैलेन्द्र लोधी को 403 वोट, राजाशील कुमार को 67 वोट और भीमराव को 26 वोट मिले। कुल 9 मत निरस्त हुए। कोषाध्यक्ष पद के लिए कविता रानी को 783 वोट मिले, जबकि राबिया राशिद को 417 वोट प्राप्त हुए। इस पद पर 8 मत अवैध घोषित किए गए। चुनाव प्रक्रिया का संचालन चुनाव अधिकारी रुकन सिंह पायल और एल्डर कमेटी के प्रभारी चेयरमैन दलेल सिंह सिरोही की देखरेख में किया गया। परिणाम घोषित होने के बाद विजयी प्रत्याशियों के समर्थकों ने खुशी का इजहार किया और एक-दूसरे को मिठाई खिलाकर जीत का जश्न मनाया। बार एसोसिएशन के अन्य पदों के लिए मतदान 16 जून को होगा। इसके लिए तैयारियां शुरू कर दी गई हैं।
गाजीपुर के हॉकी खिलाड़ियों का सम्मान:अंडर-18 एशिया कप जीतने पर एसपी इराज राजा ने किया अभिनंदन
गाजीपुर में जापान में आयोजित अंडर-18 एशिया कप जीतकर देश और जिले का नाम रोशन करने वाले हॉकी खिलाड़ी रोमित पाल और प्रहलाद राजभर का गुरुवार को सम्मान किया गया। यह सम्मान समारोह सरयू पांडेय पार्क में आयोजित किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में खेल प्रेमी, युवा और गणमान्य लोग उपस्थित रहे। मुख्य अतिथि पुलिस अधीक्षक इराज राजा ने दोनों खिलाड़ियों को सम्मानित करते हुए उनकी उपलब्धि को जिले के लिए गौरवपूर्ण बताया। भारतीय टीम ने अंडर-18 एशिया कप में उत्कृष्ट प्रदर्शन किया। टीम ने पहले सेमीफाइनल में पाकिस्तान को हराया और फिर फाइनल में मेजबान जापान को पराजित कर खिताब अपने नाम किया। इस जीत में गाजीपुर के खिलाड़ियों रोमित पाल और प्रहलाद राजभर की महत्वपूर्ण भूमिका रही। कार्यक्रम के दौरान वक्ताओं ने कहा कि ग्रामीण क्षेत्र की प्रतिभाएं अंतरराष्ट्रीय मंच पर अपनी पहचान बना रही हैं। यह उपलब्धि जिले के युवाओं के लिए प्रेरणा का स्रोत बनेगी। करमपुर मेघबरन सिंह स्टेडियम के संयोजक एवं पूर्व सांसद राधेमोहन सिंह के नेतृत्व में आयोजित इस समारोह में भाजपा जिलाध्यक्ष ओमप्रकाश राय और वरिष्ठ अधिवक्ता रणजीत सिंह सहित कई प्रमुख व्यक्ति मौजूद थे। स्टेडियम के संचालक अनिकेत सिंह ने बताया कि सीमित संसाधनों के बावजूद ग्रामीण क्षेत्र के खिलाड़ी अपनी मेहनत और संकल्प से सफलताएं प्राप्त कर रहे हैं। समारोह में उपस्थित सभी अतिथियों और खेल प्रेमियों ने दोनों खिलाड़ियों के उज्ज्वल भविष्य की कामना की।
प्रदेश की मंडियों में कृषि उत्पादों और किराना कारोबार के लिए प्रस्तावित जियोटैगिंग ऐप आधारित वाहन टैगिंग व्यवस्था का व्यापारियों ने विरोध शुरू कर दिया है। भारतीय उद्योग व्यापार प्रतिनिधिमंडल की नयागंज किराना बाजार में आयोजित बैठक में व्यापारियों ने कहा कि यह व्यवस्था ईज ऑफ डूइंग बिजनेस की अवधारणा के विपरीत है और इससे व्यापारियों के साथ किसानों को भी परेशानी होगी। बैठक में प्रदेश अध्यक्ष ज्ञानेश मिश्र ने बताया कि प्रदेश की 220 मंडियों में कृषि उत्पादों, किराना बाजार की वस्तुओं, लकड़ी, रुई और गुड़ समेत अन्य उत्पादों के व्यापार एवं उद्योग के लिए 1 जुलाई से दो माह के परीक्षण के तौर पर जियोटैगिंग ऐप के माध्यम से वाहन टैगिंग व्यवस्था लागू करने की घोषणा की गई है। उन्होंने कहा कि वर्ष 2020 से ऑनलाइन व्यवस्था के तहत 9आर, 6आर, गेट पास, प्रवेश पर्ची और स्टॉक सीमा जैसी व्यवस्थाएं पहले से लागू हैं। इसके बावजूद एक और समानांतर ऑनलाइन व्यवस्था लागू करना उचित नहीं है। उनका कहना था कि नई व्यवस्था का सीधा असर कृषि उत्पाद व्यापारियों, उद्यमियों और किसानों पर पड़ेगा। ग्रामीण मंडियों में लोडिंग और परिवहन संबंधी दिक्कतें बढ़ सकती हैं, जिससे किसानों को अपनी उपज बेचने में परेशानी होगी। छोटे वाहनों की दोबारा टैगिंग पर जताई आपत्तिकिराना मर्चेंट एसोसिएशन के अध्यक्ष अवधेश बाजपेयी ने कहा कि नई व्यवस्था में 5 क्विंटल से अधिक और पूरे ट्रक से कम माल छोटे वाहनों के जरिए ट्रांसपोर्ट नगर भेजे जाने के बाद दूसरे ट्रक में लोड होने पर दोबारा वाहन टैगिंग संभव नहीं होगी। इससे व्यापारिक गतिविधियां प्रभावित होंगी। उन्होंने इस व्यवस्था को वापस लेने की मांग की।पूरे प्रदेश में विरोध की चेतावनीज्ञानेश मिश्र ने कहा कि यदि व्यापारियों की समस्याओं का समाधान नहीं किया गया तो कानपुर से लेकर लखनऊ और पूरे प्रदेश की मंडियों में इस नई ऑनलाइन व्यवस्था का विरोध किया जाएगा। उन्होंने कहा कि प्रस्तावित व्यवस्था का विस्तृत अध्ययन किया जाएगा और इसके लागू होने के बाद आने वाली समस्याओं के आधार पर आगे की रणनीति तय की जाएगी। भारतीय कृषि उत्पाद उद्योग व्यापार प्रतिनिधिमंडल के जिलाध्यक्ष अनुराग जायसवाल ने भी नई व्यवस्था को व्यापार के लिए नुकसानदायक बताते हुए इसका विरोध करने की बात कही।बैठक में जिला कोषाध्यक्ष विजय गुप्ता गोरे, संगठन महामंत्री चंद्राकर दीक्षित, जिला वरिष्ठ उपाध्यक्ष राजेश आहूजा, अब्दुल वहीद, किराना मर्चेंट एसोसिएशन के महामंत्री विनोद गुप्ता, केदार माहेश्वरी, गिरीश पांडेय, हर्ष गुप्ता, रमन गुप्ता सहित बड़ी संख्या में व्यापारी मौजूद रहे।
समर कैंप ‘छुट्टी छुट्टी’ का रंगारंग समापन:लखनऊ के बंगाली क्लब में 15 दिवसीय आयोजन संपन्न
लखनऊ के बंगाली क्लब में आयोजित 15 दिवसीय समर कैंप ‘छुट्टी छुट्टी’ का बुधवार को समापन हो गया। यह कैंप 28 मई से 11 जून 2026 तक चला, जिसमें 5 से 12 वर्ष आयु वर्ग के बच्चों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। कैंप के दौरान बच्चों को कला एवं शिल्प, गायन, नृत्य, अग्निहीन खाना बनाना, कहानी सुनाना, फिटनेस व्यायाम, नुक्कड़ नाटक और समूह गतिविधियों का प्रशिक्षण दिया गया। खेलकूद, सांस्कृतिक कार्यक्रम, वाद-विवाद और संगीत जैसी सह-पाठ्यक्रम गतिविधियों ने उनके व्यक्तित्व विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। मुख्य उद्देश्य बच्चों को सकारात्मक दिशा देना हैं यह शिविर महिला विभाग के सहयोग में आयोजित किया गया था। महिला विभाग की सचिव चंद्राणी मुखर्जी ने बताया कि कैंप का नाम ‘छुट्टी छुट्टी’ गर्मी की छुट्टियों में इसके आयोजन के कारण रखा गया। इसका मुख्य उद्देश्य बच्चों को सकारात्मक दिशा देना और उनकी रचनात्मक क्षमता को विकसित करना था। कैंप के सफल संचालन में महिला विभाग की उपाध्यक्ष एनाक्षी सिन्हा, लाइब्रेरी सचिव सिंचिता बिस्वास, कल्पिता मुखर्जी, अंजली बोस, श्रुति बोस, देवांशी भट्टाचार्य और स्निग्धा बनर्जी सहित कई सदस्यों ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। नाट्य प्रस्तुतियों से दर्शकों का मन मोह लिया समापन समारोह में बच्चों ने कैंप के दौरान सीखी गई कला, संगीत, नृत्य और नाट्य प्रस्तुतियों से दर्शकों का मन मोह लिया। उनकी प्रस्तुतियों को अभिभावकों और अतिथियों ने खूब सराहा। इस अवसर पर लायंस क्लब लखनऊ पैराडाइस ने सभी प्रतिभागी बच्चों को पुरस्कार देकर सम्मानित किया। कार्यक्रम में क्लब अध्यक्ष अरुण कुमार बनर्जी, उपाध्यक्ष अमित घोष, सचिव तृषा सिन्हा, कोषाध्यक्ष देब भट्टाचार्य, संयुक्त सचिव आशीष भट्टाचार्य, सांस्कृतिक सचिव कौशिक बोस, निर्मोय मित्रा और डॉ. इंद्राशिष मुखर्जी उपस्थित रहे। अंत में, चंद्राणी मुखर्जी ने सभी अतिथियों, अभिभावकों और सहयोगियों का आभार व्यक्त किया।
आंधी-तूफान के बाद बरेली में 24 घंटे से बिजली गुल:बिजली नहीं होने से एक-एक बूंद पानी को भी तरसे लोग
बरेली शहर में कल आए आंधी-तूफान ने जनजीवन अस्त-व्यस्त कर दिया है। तूफान के 24 घंटे बीत जाने के बाद भी आधे से ज्यादा शहर में बिजली व्यवस्था पटरी पर नहीं लौट सकी है। भीषण गर्मी और उमस के बीच लोग बेहाल हैं। स्थिति यह है कि पानी की आपूर्ति बाधित होने से लोग बूंद-बूंद पानी को तरस रहे हैं। स्थानीय निवासियों का आरोप है कि बिजली विभाग के अधिकारी फोन नहीं उठा रहे हैं। मैनपावर की कमी से जूझ रहा बिजली विभाग बिजली विभाग में मैनपावर की कमी और संसाधनों के अभाव का असर काम की रफ्तार पर साफ दिख रहा है। शहर के अलग-अलग इलाकों में बिजली के पोल जमीन पर पड़े हैं और मुख्य सड़कों व गलियों में बड़े-बड़े पेड़ बिजली के तारों पर गिरे हुए हैं। बिजली विभाग के 24 घंटे आपूर्ति के दावों की हवा इस तूफान ने निकाल दी है और शहर का बड़ा हिस्सा अंधेरे में डूबा हुआ है। विद्युत उपभोक्ताओं के लिए आवश्यक सूचना विद्युत विभाग ने जानकारी दी है कि 10 जून 2026 की रात्रि में आए तेज आंधी-तूफान एवं भारी वर्षा के कारण शहर के 27 विद्युत उपकेंद्रों को आपूर्ति देने वाली 33 केवी लाइनों को भारी नुकसान पहुंचा है। इस कारण बड़े पैमाने पर विद्युत आपूर्ति ठप हो गई थी। मरम्मत का कार्य युद्धस्तर पर जारी है विभाग के अनुसार, युद्धस्तर पर मरम्मत कार्य करते हुए 27 में से 24 विद्युत उपकेंद्रों की 33 केवी विद्युत आपूर्ति पुनः सुचारू कर दी गई है। शेष तीन विद्युत उपकेंद्रों-डी.डी. पुरम, सदर कैंट एवं कोहरापीर-को आपूर्ति देने वाली लाइनों पर काम तेजी से चल रहा है। इन क्षेत्रों में भी जल्द ही बिजली बहाल कर दी जाएगी। तकनीकी टीम फील्ड में मुस्तैद फिलहाल 11 केवी विद्युत लाइनों की पेट्रोलिंग और निरीक्षण का काम लगातार किया जा रहा है ताकि सभी फॉल्ट्स को चिन्हित कर निर्बाध आपूर्ति सुनिश्चित की जा सके। विभाग का समस्त तकनीकी एवं फील्ड स्टाफ चौबीसों घंटे काम पर लगा है। विभाग ने उपभोक्ताओं से धैर्य बनाए रखने की अपील की है।
झांसी में समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव के निर्देश पर आयोजित प्रदेशव्यापी पत्रकार वार्ता कार्यक्रम के तहत झांसी में सपा जिला और महानगर इकाई की संयुक्त पत्रकार वार्ता एक स्थानीय होटल में आयोजित की गई। कार्यक्रम की अध्यक्षता जिलाध्यक्ष बृजेंद्र सिंह भोजला ने की, जबकि पार्टी प्रभारी एवं पूर्व मंत्री आरएस कुशवाहा मुख्य अतिथि रहे। पत्रकार वार्ता को संबोधित करते हुए आरएस कुशवाहा ने भाजपा सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि प्रदेश में घोटालों की बाढ़ आ गई है और सरकार पूरी तरह विफल साबित हुई है। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रदेश में कानून व्यवस्था ध्वस्त हो चुकी है तथा हत्या, लूट, बलात्कार, भ्रष्टाचार और सरकारी धन की लूट की घटनाएं लगातार बढ़ रही हैं।उन्होंने कहा कि 22 परीक्षाओं में पीडीए आरक्षण के 11,500 से अधिक पदों पर घोटाले हुए हैं। साथ ही 69 हजार शिक्षक भर्ती में करीब 8 हजार पदों पर आरक्षण की अनदेखी कर सामाजिक न्याय के साथ खिलवाड़ किया गया है। उनका आरोप था कि सरकार लगातार पीडीए और अनुसूचित जाति वर्ग को सरकारी नौकरियों में उनकी भागीदारी से वंचित करने का प्रयास कर रही है।आरएस कुशवाहा ने कहा कि पीडीए समाज के साथ हो रहे अन्याय के खिलाफ पार्टी जल्द ही मुख्यालय के निर्देश पर बड़ा आंदोलन शुरू करेगी और न्याय दिलाने के लिए सड़क पर उतरेगी।इसके बाद उन्होंने 'अपना बूथ करो मजबूत' अभियान के तहत जनपद की चारों विधानसभा क्षेत्रों के बूथों की समीक्षा की और संगठन को जमीनी स्तर पर मजबूत करने पर जोर दिया। ये रहे मौजूदइस दौरान पूर्व मंत्री अजय सूद, प्रदेश सचिव सुदेश पटेल, पूर्व महानगर अध्यक्ष मिर्जा करामात बेग, प्रदेश सचिव दीपाली रैकवार, अरविंद वशिष्ठ, सीताराम कुशवाहा, विजय झांसिया, पूर्व प्रवक्ता शकील खान, डॉ. रघुवीर चौधरी, संजय पाल, चंदन खटीक, मनीषा करोसिया, सीमा श्रीवास्तव, प्रेम वाल्मीकि, अयान अली हाशमी, अनिकेत चौधरी, अनस मकरानी, नीरज अग्रवाल, आसिफ नियाजी, संजीव कुशवाहा, अवधेश यादव, संतोष रैकवार, अबरार अली और अमित यादव सहित बड़ी संख्या में पदाधिकारी व कार्यकर्ता मौजूद रहे। अंत में महानगर अध्यक्ष तनवीर आलम ने सभी का आभार व्यक्त किया।
कोटपूतली: दिल्ली-जयपुर राष्ट्रीय राजमार्ग (NH-48) पर आशीर्वाद मैटरनिटी अस्पताल के सामने आज शाम चार वाहनों की आपस में टक्कर हो गई। इस दुर्घटना में तीन लोग घायल हो गए, जिनमें से दो की हालत गंभीर बताई जा रही है। सभी घायलों को राजकीय बीडीएम अस्पताल में भर्ती कराया गया है। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, दिल्ली की ओर से आ रही एक स्कार्पियो अनियंत्रित होकर तीन अन्य वाहनों से टकरा गई। टक्कर इतनी भीषण थी कि स्कार्पियो और दो अन्य कारें बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गईं। एक वाहन अनियंत्रित होकर हाईवे किनारे खड़ी गन्ने के जूस की रेहड़ी से भी जा टकराया। घटना की सूचना मिलते ही कोटपूतली थाना पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने स्थानीय लोगों की सहायता से क्षतिग्रस्त वाहनों में फंसे घायलों को बाहर निकाला। तीनों घायलों को तुरंत राजकीय बीडीएम अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उनका इलाज चल रहा है। डॉक्टरों ने बताया कि घायलों में से दो की हालत गंभीर बनी हुई है। इस दुर्घटना के कारण दिल्ली-जयपुर मार्ग पर कुछ समय के लिए यातायात बाधित हो गया और वाहनों की लंबी कतारें लग गईं। पुलिस ने क्रेन और स्थानीय लोगों की मदद से दुर्घटनाग्रस्त वाहनों को सड़क से हटवाया, जिसके बाद यातायात सामान्य हो सका। पुलिस फिलहाल हादसे के कारणों की जांच कर रही है।
राजस्थान पुलिस की स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप (एसओजी) ने फर्जी एमटेक डिग्री के आधार पर सरकारी सेवाओं में लाभ लेने के मामले में जलदाय विभाग के एक जूनियर इंजीनियर (जेईएन) को गिरफ्तार किया है। आरोपी दुर्गाशंकर मेनारिया निवासी उदयपुर ने राजस्थान लोक सेवा आयोग (आरपीएससी) की भर्ती में आवेदन के दौरान मानव भारती विश्वविद्यालय, सोलन (हिमाचल प्रदेश) से प्राप्त एमटेक (इलेक्ट्रिकल पावर सिस्टम) की डिग्री प्रस्तुत की थी, जो जांच में फर्जी पाई गई। ADG एसओजी विशाल बंसल ने बताया कि साल 2018-19 में आरपीएससी द्वारा समूह अनुदेशक/सर्वेयर/सहायक शिक्षुता सलाहकार ग्रेड-द्वितीय भर्ती के लिए आवेदन आमंत्रित किए गए थे। चयन प्रक्रिया पूरी होने के बाद दस्तावेजों के सत्यापन में एमटेक डिग्री संदिग्ध पाई गई। विश्वविद्यालय से सत्यापन कराने पर स्पष्ट हुआ कि उक्त डिग्री आरोपी के नाम से जारी ही नहीं की गई थी। स्वयं को अधिक योग्य दिखाने के लिए लगाई फर्जी डिग्री जांच में सामने आया कि संबंधित पद के लिए केवल स्नातक योग्यता आवश्यक थी, एमटेक डिग्री अनिवार्य नहीं थी। इसके बावजूद आरोपी ने स्वयं को अधिक योग्य दर्शाने के उद्देश्य से फर्जी एमटेक डिग्री आवेदन के साथ संलग्न कर दी। फर्जी डिग्री के आधार पर हासिल किया अनुभव एसओजी की पूछताछ में यह भी सामने आया कि आरोपी ने इसी फर्जी एमटेक डिग्री के आधार पर साल 2015 से 2020 तक माधव विश्वविद्यालय, पिंडवाड़ा (सिरोही) में सहायक तकनीकी अधिकारी के रूप में कार्य किया और वहां प्राप्त अनुभव प्रमाण पत्र को भी अपनी योग्यता में शामिल किया। मामले में तकनीकी शिक्षा निदेशालय, जोधपुर की ओर से एसओजी थाने में मामला दर्ज कराया गया था। जांच के बाद आरोपी दुर्गाशंकर मेनारिया निवासी ग्राम- वाना, तहसील-भीण्डर, जिला उदयपुर को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे पुलिस कस्टडी में भेज दिया गया। विश्वविद्यालय और दलालों की भूमिका की भी जांच एसओजी अब यह पता लगाने में जुटी है कि आरोपी ने फर्जी डिग्री विश्वविद्यालय के किन कर्मचारियों या दलालों के माध्यम से और कितनी राशि देकर प्राप्त की। इसके अलावा आरोपी की बीटेक और अन्य शैक्षणिक डिग्रियों का भी सत्यापन कराया जा रहा है।
भिवानी की साइबर क्राइम पुलिस ने टाटा सोलर एजेंसी दिलाने के नाम पर की गई 8 लाख 72 हजार 200 रुपए की ऑनलाइन धोखाधड़ी के मामले में चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। यह मामला सुनील नामक भिवानी निवासी व्यक्ति की शिकायत पर दर्ज किया गया था। शिकायतकर्ता ने बताया कि वह विभिन्न कंपनियों की सोलर एजेंसी चलाता है और नई एजेंसी के लिए ऑनलाइन आवेदन किया था। इसी दौरान, आरोपियों ने एक फर्जी वेबसाइट का उपयोग कर खुद को टाटा सोलर एजेंसी का प्रदाता बताया। उन्होंने अलग-अलग ऑनलाइन लेनदेन के माध्यम से सुनील से कुल 8 लाख 72 हजार 200 रुपए ठग लिए। रकम लेने के बाद न तो एजेंसी दी गई और न ही पैसे वापस किए गए। दिल्ली से पकड़े गए चार आरोपी शिकायत के आधार पर थाना साइबर क्राइम भिवानी में संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू की गई। मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए, सहायक उप निरीक्षक विजय कुमार के नेतृत्व में साइबर क्राइम भिवानी की पुलिस टीम ने दिल्ली से चारों आरोपियों को गिरफ्तार किया। गिरफ्तार किए गए आरोपियों की पहचान प्रकाश कुमार निवासी नैनसुख मोहल्ला, बहरोड़, जिला अलवर, राजस्थान, वर्तमान निवासी नरेला, दिल्ली, गुड्डू कुमार निवासी सैफियाबाद, गली नंबर-19, नरेला, दिल्ली, अजीत कुमार निवासी जिला नवादा, बिहार, वर्तमान निवासी लक्ष्मी नगर, दिल्ली और कुंदन सिंह निवासी राधा कृष्ण कॉलोनी, पटना, बिहार, वर्तमान निवासी लक्ष्मी नगर, दिल्ली के रूप में हुई है। दो आरोपियों को रिमांड पर लिया, दो को भेजा जेल पुलिस टीम द्वारा सभी आरोपियों को कोर्ट में पेश किया गया। कोर्ट ने आरोपी प्रकाश कुमार एवं गुड्डू कुमार को न्यायिक हिरासत में भेजते हुए जिला कारागार भेजने के आदेश दिए हैं, जबकि आरोपी अजीत कुमार एवं कुंदन सिंह को आगे की पूछताछ के लिए 5 दिन के पुलिस रिमांड पर लिया गया है। प्रारंभिक पूछताछ में सामने आया है कि आरोपी प्रकाश कुमार ने धोखाधड़ी में प्रयुक्त सिम उपलब्ध करवाई थी। इसके बाद आरोपी गुड्डू कुमार द्वारा उक्त सिम अन्य आरोपियों को ऑनलाइन धोखाधड़ी करने के लिए उपलब्ध करवाई गई थी। रिमांड अवधि के दौरान आरोपियों से गहन पूछताछ की जाएगी तथा मामले में शामिल अन्य आरोपियों की पहचान एवं गिरफ्तारी के प्रयास जारी हैं।
बिजली कंपनी द्वारा मानसून पूर्व मेंटेनेंस कार्य शहर में लगातारा किया जा रहा है। 12 जून (शुक्रवार) को शहर के दीनदयाल नगर फीडर का मेंटेनेंस कार्य बिजली कंपनी द्वारा किया जाएगा। फीडर से जुड़े 10 से अधिक कॉलोनियों व क्षेत्रों में सुबह 8 बजे से 11 बजे तक विद्युत प्रदाय प्रभावित होगा। प्रभावित क्षेत्रों में सैफी नगर, राम नगर, करण नगर, ओसवाल नगर, शुभम सिद्धिविनायक कॉलोनी, रुद्राक्ष गोल्ड कॉलोनी, साईं श्री कॉलोनी, टाटानगर पंचमुखी हनुमान मंदिर, दीनदयाल नगर, रुद्राक्ष गोल्ड, अमृत सागर तालाब के आसपास आदि क्षेत्र शामिल है। बिजली कंपनी अधिकारियों के मुताबिक कार्य के दौरान समय बढ़ भी सकता है।
बिलासपुर जिले के रतनपुर पुलिस ने आज दोपहर भैरो बाबा मंदिर के पास एक व्यक्ति को 13 नग नाईट्रोजेपम टेबलेट के साथ गिरफ्तार किया है। जब्त टेबलेट की सरकारी कीमत 57,200 रुपए आंकी गई है। पुलिस को सूचना मिली थी कि भैरवबाबा मंदिर के पुष्प वाटिका के पास एक व्यक्ति लोगों के साथ लड़ाई-झगड़ा कर रहा है। थाना प्रभारी विष्णु यादव ने बताया कि आरोपी नशे की हालत में था और उसके पास नशीला नाईट्रा टेबलेट मौजूद था। वह ग्राहक की तलाश में था। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर कार्रवाई की उच्चाधिकारियों को घटना की जानकारी दी गई, जिसके बाद उनके निर्देश पर पुलिस ने मौके पर पहुंचकर कार्रवाई की। आरोपी की पहचान उसराभाठा, नेवसा निवासी नवीन कुमार बैसवाड़े (28) के रूप में हुई है। पुलिस ने नवीन कुमार बैसवाड़े के कब्जे से 13 नग नाईट्रोजेपम (नाईट्रा) टेबलेट जब्त किए। उसके खिलाफ नारकोटिक एक्ट के तहत मामला दर्ज कर उसे न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया है।
संभल में राजकीय इंटर कॉलेज प्रवक्ता प्री परीक्षा-2025 की तैयारियों को लेकर समीक्षा बैठक आयोजित की गई। जिलाधिकारी अंकित खण्डेलवाल की अध्यक्षता में गुरुवार को जिला कलक्ट्रेट सभागार बहजोई में यह बैठक हुई। परीक्षा 14 जून 2025 को एक पाली में सुबह 9:30 बजे से 11:30 बजे तक आयोजित की जाएगी। वित्त एवं राजस्व अधिकारी सत्य प्रियसिंह ने बताया कि जनपद में यह परीक्षा 06 केंद्रों पर होगी, जिसमें कुल 2656 अभ्यर्थी शामिल होंगे। इन परीक्षा केंद्रों में जवाहर लाल मैमोरियल नगर पंचायत इंटर कॉलेज सिरसी, महात्मा गांधी डिग्री कॉलेज संभल, राजकीय कन्या इंटर कॉलेज संभल, राजकीय महाविद्यालय हयातनगर, जेड. यू. इंटर कॉलेज सरायतरीन संभल और हिंद इंटर कॉलेज संभल शामिल हैं। परीक्षा की शुचिता बनाए रखने के लिए सख्त निर्देश दिए गए हैं। परीक्षा केंद्रों पर तैनात पुलिसकर्मी मोबाइल फोन का उपयोग नहीं कर सकेंगे। ड्यूटी पर लगे सभी अधिकारियों और कर्मचारियों को पहचान के लिए अपना परिचय पत्र साथ रखना अनिवार्य होगा। महिला अभ्यर्थियों की तलाशी केवल महिला पुलिसकर्मियों द्वारा एक निर्धारित एंक्लोजर में ही ली जाएगी। जिलाधिकारी ने नगर पालिका अधिशासी अधिकारी संभल को परीक्षा केंद्रों के पास टेंट, पेयजल और मोबाइल टॉयलेट की व्यवस्था सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। मुख्य चिकित्सा अधिकारी को ओआरएस और ग्लूकोस जैसी आवश्यक चिकित्सा सामग्री केंद्रों के पास उपलब्ध कराने को कहा गया। आयरिश स्कैन और बायोमेट्रिक से संबंधित कर्मियों को समय पर परीक्षा केंद्र पहुंचने के निर्देश दिए गए। जिलाधिकारी अंकित खंडेलवाल ने सभी संबंधित अधिकारियों से परीक्षा को गंभीरता से लेने और इसे शुचितापूर्ण, शांतिपूर्ण तथा पारदर्शी तरीके से संपन्न कराने का आह्वान किया। इस अवसर पर एएसपी कुलदीप सिंह, एसडीएम संभल निधि पटेल, एसडीएम चंदौसी नीतू रानी, डिप्टी कलेक्टर रामानुज, डिप्टी कलेक्टर आशुतोष तिवारी, उप कृषि निदेशक अरुण कुमार त्रिपाठी सहित सभी केंद्र व्यवस्थापक, सेक्टर मजिस्ट्रेट और संबंधित अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित रहे।
हरदोई पुलिस की बड़ी कार्रवाई:विशेष अभियान में 25 वारंटी अभियुक्त गिरफ्तार
हरदोई में अपराध नियंत्रण और कानून व्यवस्था को मजबूत करने के उद्देश्य से पुलिस अधीक्षक अशोक कुमार मीणा के निर्देश पर गुरुवार को एक विशेष अभियान चलाया जा रहा है। इस अभियान के तहत पुलिस ने विभिन्न थाना क्षेत्रों से कुल 25 वारंटी अभियुक्तों को गिरफ्तार किया है। इस संयुक्त कार्रवाई में जिले के कई थानों की पुलिस टीमों ने सक्रियता दिखाते हुए अपने-अपने क्षेत्रों में दबिश दी। गिरफ्तार किए गए अभियुक्तों में गंभीर मामलों के पुराने वारंटी भी शामिल हैं, जो लंबे समय से फरार चल रहे थे। इस अभियान के तहत थानावार गिरफ्तारियों का विवरण इस प्रकार है। बेनीगंज और कछौना थाना क्षेत्रों में सर्वाधिक कार्रवाई हुई। बेनीगंज थाना पुलिस ने शिवकुमार, भयन्नू, सतेन्द्र, फूल सिंह और अहिबरलाल सहित 5 वारंटियों को गिरफ्तार किया। कछौना थाना पुलिस ने अनिल कुमार, कामेन्द्र प्रताप सिंह, इन्द्रपाल और गन्नी को गिरफ्तार किया। कासिमपुर थाना पुलिस ने सिधंबल गांव से नेकपाल, रामदास, सुधा उर्फ रानी और रामवति सहित 4 अभियुक्तों को पकड़ा। अतरौली थाना से रोहित, विरेन्द्र, सुरेन्द्र और अयोध्या को गिरफ्तार किया गया। टड़ियावां थाना पुलिस ने महिपाल, लक्ष्मी और सुनील को गिरफ्तार किया। इसके अतिरिक्त, सुरसा से अनिल मिश्रा, बिलग्राम से सुआ, मझिला से लल्ला, बेहटा गोकुल से रमेशचन्द्र और सवायजपुर पुलिस द्वारा संजय को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस अधीक्षक के मुताबिक, अपराधियों और वारंटियों के खिलाफ यह अभियान आगे भी जारी रहेगा। क्षेत्र में शांति व्यवस्था भंग करने वाले और न्यायालय के आदेशों की अवहेलना करने वाले किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा। सभी गिरफ्तार अभियुक्तों को विधिक कार्रवाई पूरी करने के बाद न्यायालय के समक्ष पेश किया जा रहा है।
जोधपुर के नए एयरपोर्ट टर्मिनल को लेकर सोशल मीडिया पर चलाए जा रहे निगेटिव कैंपेन पर केंद्रीय मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत ने कड़ी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कहा कि फॉल्स नरेटिव गढ़ने और दुष्प्रचार फैलाने की साजिश विकास कार्यों को बाधित करती है। शेखावत ने कहा कि डिजिटल मार्केटिंग कंपनी द्वारा सोशल मीडिया इंफ्लुएंसर्स के माध्यम से सोशल मीडिया पर चलाए जा रहे इस तरह के भ्रामक अभियान न केवल जनहित के प्रोजेक्ट्स को प्रभावित करते हैं, बल्कि सोशल मीडिया की विश्वसनीयता और साख को भी तार-तार कर देते हैं। उन्होंने लोगों से तथ्यों के आधार पर राय बनाने और सकारात्मक विकास की सोच को बढ़ावा देने की अपील की। केंद्रीय मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत गुरुवार को जोधपुर एयरपोर्ट पर मीडिया से बात करते समय बोल रहे थे। उन्होंने कहा कि उन्होंने अपनी प्रतिक्रिया में कहा कि इस तरह के फॉल्स नरेटिव गढ़ने का षड्यंत्र देश और विकास, दोनों ही एजेंडों को बाधित करता है। उन्होंने कहा कि इस तरह के दुष्प्रचार से सोशल मीडिया की क्रेडिबिलिटी तार-तार होती है। ऐसी चीजों का खंडन भी हो और यह विषय जनता के संज्ञान में भी लाया जाए। यह मेन स्ट्रीम मीडिया की जिम्मेदारी है।उन्होंने कहा कि ऐसे लोग बेनकाब हो और देश और दुनिया के सामने ऐसे लोगों का षड्यंत्र ठीक से प्रदर्शित हो, यह हम सब की जिम्मेदारी है। विश्व देख रहा 12 साल में आया परिवर्तन केंद्रीय मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत ने कहा कि पिछले 12 साल में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी के नेतृत्व में ईमानदारी से योजनाओं को धरातल पर उतारने की वजह से जो परिवर्तन आया है, उसे पूरा विश्व देख रहा है।शेखावत ने कहा कि पूरा विश्व इस बदली हुई परिस्थिति में भारत की तरफ एक आशा के दृष्टिकोण और नए विश्वास की नजर से देख रहा है। उन्होंने कहा कि आज भारत आर्थिक, सैन्य दृष्टि के साथ-साथ अन्य दृष्टिकोण से आत्मनिर्भर होते हुए विकसित होने की दिशा में आगे बढ़ रहा है। यह सब भारत के लोकतांत्रिक इतिहास में चुने हुए प्रधानमंत्री के रूप में सर्वाधिक लंबे समय तक काम करने के दौरान नरेंद्र मोदी और उनकी सरकार की स्पष्ट नीति का परिणाम रहा है। शेखावत ने संत अड़गड़ानंद महाराज का लिया आशीर्वाद केंद्रीय मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत जोधपुर पहुंचने के बाद ओसियां गए। वहां श्री परमहंस आश्रम पहुंचकर संत अड़गड़ानंद महाराज के दर्शन किए और उनका आशीर्वाद प्राप्त किया। इस अवसर पर शेखावत ने संत अड़गड़ानंद महाराज से राष्ट्र की प्रगति, जनकल्याण और समस्त देशवासियों के सुख, शांति एवं समृद्धि के लिए आशीर्वाद प्राप्त किया। उन्होंने कहा कि अड़गड़ानंद महाराज मानव कल्याण, आत्मज्ञान, योग और श्रीमद्भगवद्गीता के संदेश के प्रचार-प्रसार हेतु निरंतर कार्यरत हैं। यथार्थ गीता के रचयिता संत अड़गड़ानंद महाराज अपने आध्यात्मिक चिंतन, ज्ञान और मार्गदर्शन से समाज को नई दिशा प्रदान कर रहे हैं। उनके विचार और शिक्षाएं लोगों को आध्यात्मिक उन्नति, नैतिक मूल्यों और राष्ट्र निर्माण के प्रति प्रेरित करती हैं। शेखावत ने आश्रम में संतों और श्रद्धालुओं से भी भेंट कर उनकी कुशलक्षेम भी जानी।
नई दिल्ली में हुई नीति आयोग की बैठक में मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने बस्तर के विकास का बड़ा रोडमैप पेश किया। उन्होंने कहा कि बस्तर अब नक्सलवाद की पहचान से बाहर निकलकर रोजगार, खेती, पर्यटन और शिक्षा के क्षेत्र में नई पहचान बनाएगा। मुख्यमंत्री ने बताया कि सरकार का लक्ष्य अगले तीन साल में बस्तर के हर परिवार की औसत मासिक आय बढ़ाकर 30 हजार रुपए तक पहुंचाना है। अभी बस्तर के अधिकांश परिवारों की मासिक आय 15 हजार रुपए से कम है। इसके लिए खेती, पशुपालन, वन उपज, छोटे उद्योग और सरकारी योजनाओं के जरिए लोगों की आमदनी बढ़ाने पर काम किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि बस्तर में दूध उत्पादन बढ़ाने के लिए डेयरी मॉडल लागू किया जा रहा है। आदिवासी परिवारों को गाय और भैंस उपलब्ध कराई जाएंगी, जिससे उन्हें नियमित आय का साधन मिलेगा। इससे महिलाओं और युवाओं के लिए भी रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे। खेती को मजबूत बनाने के लिए 2 हजार करोड़ रुपए से अधिक की लागत वाली दो बड़ी सिंचाई परियोजनाएं शुरू की जा रही हैं। इनसे 32 हजार हेक्टेयर क्षेत्र में सिंचाई सुविधा मिलेगी। इससे किसान धान के अलावा सब्जियां, फल और दूसरी फसलें भी उगा सकेंगे। मुख्यमंत्री ने बताया कि बस्तर में करीब 36 लाख लोगों की डिजिटल हेल्थ प्रोफाइल तैयार की जा रही है। इससे मरीजों के इलाज और स्वास्थ्य संबंधी जानकारी सुरक्षित रहेगी और डॉक्टरों को बेहतर इलाज में मदद मिलेगी। उन्होंने कहा कि बस्तर के करीब 200 सुरक्षा शिविरों को अब सेवा डेरा के रूप में विकसित किया जा रहा है। यहां लोगों को राशन, पेंशन, आयुष्मान कार्ड, बैंकिंग, स्वास्थ्य और शिक्षा सहित कई सरकारी योजनाओं का लाभ एक ही जगह पर मिलेगा। पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए चित्रकोट और सिरपुर को विश्वस्तरीय पर्यटन स्थल के रूप में विकसित किया जा रहा है। बस्तर में जंगल सफारी, वॉटर स्पोर्ट्स और एडवेंचर टूरिज्म जैसी गतिविधियों को भी बढ़ावा दिया जाएगा। इससे स्थानीय लोगों और युवाओं को रोजगार मिलेगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार शिक्षा, स्वास्थ्य, तकनीक और कौशल विकास के क्षेत्र में भी तेजी से काम कर रही है। अबूझमाड़ और जगरगुंडा में एजुकेशन सिटी बनाई जा रही है। साथ ही स्मार्ट क्लास और आधुनिक शिक्षा सुविधाओं का विस्तार किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि राज्य में निवेश बढ़ाने और नए उद्योग स्थापित करने पर भी जोर दिया जा रहा है। सेमीकंडक्टर, इलेक्ट्रॉनिक्स, टेक्सटाइल और अन्य क्षेत्रों में नए उद्योग लगने से रोजगार के अवसर बढ़ेंगे। मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार का उद्देश्य बस्तर और पूरे छत्तीसगढ़ को विकास, रोजगार और आत्मनिर्भरता की दिशा में तेजी से आगे बढ़ाना है।
सोनीपत जिले में पुलिस ने एक व्यक्ति की नशीले पदार्थ के सेवन से हुई मौत से जुड़े मामले में कार्रवाई करते हुए गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपी की पहचान सोनू पुत्र प्रताप निवासी आर्य नगर, गोहाना के रूप में हुई है। आरोपी को न्यायालय में पेश कर पुलिस रिमांड पर लिया गया है। सहायक पुलिस आयुक्त गोहाना संदीप धनखड़ HPS ने बताया कि गोहाना निवासी एक व्यक्ति ने शिकायत दर्ज कराई थी कि उसके मित्र कुलदीप को कुछ व्यक्तियों द्वारा लगातार नशीला पदार्थ उपलब्ध कराया जाता था, जिसके कारण उसकी मौत हो गई। शिकायत के आधार पर पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच प्रारंभ की और साक्ष्यों के आधार पर आरोपी सोनू को गिरफ्तार कर लिया। आरोपी को एक दिन के रिमांड पर लिया प्रारंभिक जांच में शिकायतकर्ता ने बताया कि मृतक को इंजेक्शन के माध्यम से नशीला पदार्थ लेने की लत थी और आरोपी सोनू अपने अन्य साथियों के साथ उसे नशीला पदार्थ उपलब्ध करवाता था। पुलिस ने उपलब्ध तथ्यों एवं साक्ष्यों के आधार पर आरोपी के विरुद्ध कार्रवाई करते हुए उसे गिरफ्तार किया। गिरफ्तार आरोपी को न्यायालय में पेश कर एक दिन के पुलिस रिमांड पर लिया गया है। रिमांड अवधि के दौरान उससे गहन पूछताछ की जा रही है ताकि मामले में शामिल अन्य व्यक्तियों की भूमिका, नशीले पदार्थ की आपूर्ति के स्रोत तथा पूरे नेटवर्क का खुलासा किया जा सके। सोनीपत पुलिस की आमजन से अपील सोनीपत पुलिस नागरिकों से अपील करती है कि नशीले पदार्थों के सेवन, तस्करी अथवा अवैध बिक्री से संबंधित किसी भी प्रकार की सूचना तत्काल पुलिस को दें। समाज को नशामुक्त बनाने के लिए जनसहयोग अत्यंत आवश्यक है तथा ऐसे अपराधों में संलिप्त व्यक्तियों के विरुद्ध कानून के अनुसार कठोर कार्रवाई की जाएगी।
उदयपुर में उदयपुर-अहमदाबाद नेशनल हाईवे-48 पर गुरुवार देर शाम तेज रफ्तार कार ने बाइक को टक्कर मार दी। बाइक सवार युवक की मौके पर ही मौत हो गई। जबकि दूसरा युवक गंभीर रूप से घायल हो गया। घटना परसाद थाना क्षेत्र के पारेई बस स्टेण्ड के पास की है। जब तेज रफ्तार कार ने बाइक को सामने से टक्कर मारी। टक्कर इतनी तेज थी कि बाइक टकराते हुए बोनट पर जा अटकी। जिससे कार का बोनट बुरी तरह पिचक गया और कांच टूट गया। वहीं, बाइक भी क्षतिग्रस्त हो गई। दोनों युवक उछलकर दूर जा गिरे। इनमें से एक की मौके पर ही मौत हो गई। दूसरा गंभीर घायल हो गया। घटना के बाद आसपास लोगों की भीड़ जमा हो गई। राहगीरों की मददद से घायल को तुरंत हॉस्पिटल पहुंचाया गया और पुलिस को सूचना दी गई। पुलिस मामले की जांच में जुटी है। गंभीर घायल एमबी हॉस्पिटल रेफरपरसाद थाना अधिकारी नरेश कुमार ने बताया कि घायल को परसाद सरकारी हॉस्पिटल में भर्ती कराया और मृतक के शव को मोर्चरी में शिफ्ट कराया। मृतक की पहचान दिनेश (40) पुत्र चौखा निवासी गोड फलां, चणावदा के रूप में हुई है। वही, अमरा (35) पुत्र कालू निवासी गोड फलां, चणावदा की हालत गंभीर है। जिसके प्राथमिक उपचार के बाद एमबी हॉस्पिटल रेफर कर दिया। मामले में आगे जांच जारी है। इनपुट: बंशीलाल मीणा, टीडी
टोंक के कोतवाली थाना इलाके में एक युवक से 99 हजार 999 रुपए की ठगी हो गई। बैंक खाते से पैसे कटने का मैसेज आया तो युवक बैंक पहुंचा। बताया कि बिना OTP के रकम खाते से निकल गई। बैंक वालों ने थाने जाकर ठगी की रिपोर्ट देने को कह दिया। पीड़ित ने कोतवाली थाने में मामला दर्ज कराया। ठगी का शिकार युवक नवीन कुमार गुणावता पुत्र राजेंद्र कुमार शहर के वार्ड 17 में जिंसी मोहल्ले का रहने वाला है। मैसेज आया, UPI से ट्रांजैक्शन नवीन ने बताया- टोंक शहर में मेरा आईसीआईसीआई बैंक में खाता है। गुरुवार को मोबाइल पर 99,999 रुपए का एक मैसेज आया। इसमें बताया कि 99 हजार 999 रुपए बैंक यूपीआई ट्रांजैक्शन द्वारा कट गए हैं। बिना ओटीपी करीब एक लाख रुपए बैंक खाते से निकलने का मैसेज पढ़कर मैं बैंक गया। बैंक कर्मचारियों ने ट्रांजैक्शन की लिस्ट निकाली और कहा कि ठगी हो गई है। थाने जाकर रिपोर्ट दर्ज कराओ। इसके बाद मैंने साइबर थाने पहुंचा। जहां से मुझे कोतवाली जाने के लिए कहा गया। कोतवाली थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई। बैंक वालों ने गंभीरता से नहीं लिया नवीन ने आरोप लगाया कि बैंक कर्मियों ने मेरे मामले को गंभीरता से नहीं लिया। वे चाहते तो आसानी से पता लगा सकते थे कि मेरा पैसा किस अकाउंट में ट्रांसफर हुआ है। वे उस खाते को फ्रीज कर सकते थे। लेकिन उन्होंने ऐसा नहीं किया।
राज्यसभा चुनाव में कांग्रेस प्रत्याशी मीनाक्षी नटराजन का नामांकन खारिज होने के विवाद ने नया मोड़ ले लिया है। कांग्रेस के वरिष्ठ नेता दिग्विजय सिंह ने गुरुवार को सुप्रीम कोर्ट, चुनाव आयोग और सरकार पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि यह सीट की मिली-जुली चोरी है और इसमें सुप्रीम कोर्ट भी शामिल है। दिग्विजय सिंह के इस बयान पर मप्र के खेल मंत्री विश्वास सारंग ने पलटवार किया। उन्होंने कहा कि सुप्रीम कोर्ट को चोर कहना न्यायपालिका का अपमान है और उनके खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए। यह बयान ऐसे समय आया है जब सुप्रीम कोर्ट ने मीनाक्षी नटराजन का नामांकन रद्द किए जाने के खिलाफ दायर याचिका पर सुनवाई शुक्रवार तक के लिए टाल दी है। दूसरी ओर चुनाव आयोग ने भी मामले में कोई राहत नहीं दी। इसी बीच भाजपा ने तीनों राज्यसभा सीटों पर निर्विरोध जीत हासिल की। चुनाव आयोग ने गुरुवार को पार्टी उम्मीदवार रजनीश अग्रवाल, तरुण चुग और महेश केवट को निर्वाचन सर्टिफिकेट भी दे दिए हैं। दिग्विजय बोले- पहले से ही आशंका थी मीनाक्षी नटराजन की याचिका पर सुनवाई टलने के बाद दिग्विजय सिंह ने न्यूज एजेंसी पीटीआई से कहा कि उन्हें पहले से आशंका थी कि ऐसा ही होगा। उन्होंने कहा, मालूम था कि जब चोरी हुई है तो चोरी में सभी शामिल हैं। केवल राज्य सरकार नहीं, केंद्र सरकार, चुनाव आयोग और मुझे कहना पड़ रहा है कि सुप्रीम कोर्ट भी। जब सुप्रीम कोर्ट को मालूम था कि हमारी याचिका चार बजे के बाद निष्प्रभावी हो जाएगी तो आज सुनवाई क्यों नहीं की गई, कल की तारीख क्यों लगाई गई। यह सब मिली-जुली चोरी है। कांग्रेस पूरे देश में उठाएगी मुद्दा दिग्विजय सिंह ने कहा कि उन्होंने अपने राजनीतिक जीवन में मीनाक्षी नटराजन से अधिक गांधीवादी व्यक्ति नहीं देखा। उनके मुताबिक मीनाक्षी के खिलाफ कोई आपराधिक मामला नहीं है और उन्हें जिस आधार पर चुनाव से बाहर किया गया है, वह अनुचित है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस इस मुद्दे को पूरे देश में उठाएगी और मीनाक्षी नटराजन को राज्यसभा भेजने की लड़ाई आखिरी दम तक लड़ेगी। राहुल बोले- भाजपा और चुनाव आयोग की जुगलबंदी दिल्ली में कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे और राहुल गांधी की मौजूदगी में हुई बैठक में भी इस मुद्दे पर भाजपा और चुनाव आयोग को निशाने पर लिया गया। राहुल गांधी ने कहा कि भाजपा और चुनाव आयोग की जुगलबंदी ने सीट चोरी की है। कांग्रेस उम्मीदवार का नामांकन मामूली आपत्ति पर खारिज कर दिया गया, जबकि भाजपा समर्थित उम्मीदवार को त्रुटियां सुधारने का मौका दिया गया। चुनाव आयोग ने दोनों उम्मीदवारों के साथ अलग-अलग व्यवहार किया और कांग्रेस की आपत्तियों का जवाब भी नहीं दिया। मंत्री सारंग बोले- सुप्रीम कोर्ट संज्ञान ले दिग्विजय सिंह के बयान पर मंत्री विश्वास सारंग ने कहा, सुप्रीम कोर्ट को चोर बोलना बेहद आपत्तिजनक और शर्मनाक है। यह न्यायपालिका का अपमान है। सुप्रीम कोर्ट को स्वयं संज्ञान लेकर कार्रवाई करनी चाहिए। सारंग ने कहा कि कांग्रेस पहले चुनाव आयोग, सरकार और ईवीएम पर सवाल उठाती रही है, अब उसने सुप्रीम कोर्ट को भी कटघरे में खड़ा कर दिया है। कांग्रेस संवैधानिक संस्थाओं की विश्वसनीयता पर लगातार हमला कर रही है। क्या है पूरा विवादमध्यप्रदेश की तीसरी राज्यसभा सीट के लिए कांग्रेस ने पूर्व सांसद मीनाक्षी नटराजन को उम्मीदवार बनाया था। कांग्रेस के पास सीट जीतने लायक संख्या बल भी था, लेकिन 9 जून को नामांकन पत्रों की जांच के दौरान भाजपा ने उनके नामांकन पर आपत्ति दर्ज कराई। भाजपा का आरोप था कि मीनाक्षी नटराजन ने अपने खिलाफ लंबित एक प्रकरण की जानकारी नामांकन पत्र में नहीं दी। आपत्ति के बाद रिटर्निंग ऑफिसर ने उनका नामांकन निरस्त कर दिया। इसके बाद कांग्रेस पहले चुनाव आयोग और फिर सुप्रीम कोर्ट पहुंची। पार्टी ने नामांकन निरस्त करने के आदेश पर तत्काल रोक लगाने की मांग की, लेकिन गुरुवार को सुप्रीम कोर्ट ने मामले की सुनवाई शुक्रवार के लिए निर्धारित कर दी। इसी बीच भाजपा के तीनों उम्मीदवार निर्विरोध निर्वाचित घोषित कर दिए गए। कांग्रेस का आरोप है कि न्यायिक प्रक्रिया में देरी के कारण उसकी उम्मीदवार को राहत नहीं मिल सकी, जबकि भाजपा इसे कांग्रेस की राजनीतिक हताशा बता रही है। ये खबर भी पढ़ें… एमपी- भाजपा ने तीनों राज्यसभा सीटें निर्विरोध जीतीं मध्य प्रदेश में भाजपा ने तीनों राज्यसभा सीटों पर निर्विरोध जीत ली हैं। चुनाव आयोग ने गुरुवार को पार्टी उम्मीदवार रजनीश अग्रवाल, तरुण चुग और महेश केवट को निर्वाचन सर्टिफिकेट दे दिए हैं। इससे पहले सुप्रीम कोर्ट ने कांग्रेस उम्मीदवार मीनाक्षी नटराजन का नामांकन रद्द होने के खिलाफ पार्टी की याचिका पर सुनवाई शुक्रवार तक के लिए टाल दी थी। मामले पर चुनाव आयोग ने भी कोई फैसला नहीं दिया है।
तस्कर शाहरुख का अवैध फार्म हाउस ध्वस्त:मंदिर की जमीन पर बना था, कई अपराधिक मामले दर्ज
कुख्यात तस्कर शाहरुख खान उर्फ टोनी के अवैध फार्म हाउस को ध्वस्त कर दिया गया। यह फार्म हाउस कथित तौर पर मंदिर की करीब सवा बीघा जमीन पर कब्जा कर बनाया गया था। शाहरुख उर्फ टोनी लंबे समय से मादक पदार्थ तस्करी के मामलों में पुलिस की निगरानी में था। गत 17 जनवरी 2026 को एसपी बी. आदित्य के निर्देश पर पुलिस टीम उसे पकड़ने देवल्दी गांव पहुंची थी। गिरफ्तारी के दौरान टोनी ने पुलिस पर फायरिंग कर भागने का प्रयास किया, लेकिन पुलिस ने पीछा कर उसे पकड़ लिया। उसके पास से एक पिस्टल, 6 जिंदा कारतूस और एक बाइक बरामद हुई थी। वर्तमान में वह जेल में बंद है। एक दर्जन से अधिक आपराधिक मामले दर्ज पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार, शाहरुख के खिलाफ विभिन्न थानों में मादक पदार्थ तस्करी सहित एक दर्जन से अधिक आपराधिक मामले दर्ज हैं। क्षेत्र में लंबे समय से यह भी चर्चा है कि उसके चार भाई भी तस्करी की गतिविधियों में शामिल हैं। प्रशासन को मंदिर की भूमि पर अवैध कब्जे की सूचना मिली थी, जिसके बाद फार्म हाउस का निर्माण किया गया था। जांच के उपरांत गुरुवार को अरनोद तहसीलदार नितिन मेरावत के नेतृत्व में प्रशासनिक टीम मौके पर पहुंची। भारी पुलिस बल की मौजूदगी में बुलडोजर कार्रवाई को अंजाम दिया गया। अरनोद थाना अधिकारी शिवलाल मीणा के नेतृत्व में पुलिस बल पूरे समय तैनात रहा।
ट्रैक्टर ने ई-रिक्शा को टक्कर मारी:ड्राइवर समेत 5 लोग घायल, पन्ना से बृजपुर की तरफ जा रहे थे
पन्ना-पहाड़ीखेरा रोड पर लक्ष्मीपुर पेट्रोल पंप के पास गुरुवार को तेज रफ्तार ट्रैक्टर ने सामने से आ रहे ई-रिक्शा को जोरदार टक्कर मार दी। इस हादसे में ई-रिक्शा के ड्राइवर समेत उसमें सवार पांच लोग गंभीर रूप से घायल हो गए, जिनमें तीन महिलाएं भी शामिल हैं। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि ई-रिक्शा के परखच्चे उड़ गए। हादसा होते ही मौके पर चीख-पुकार मच गई और अफरा-तफरी का माहौल बन गया। राहगीरों ने पहुंचाया अस्पताल सड़क से गुजर रहे राहगीरों और स्थानीय लोगों ने बिना देर किए तुरंत पुलिस और एम्बुलेंस को फोन किया। मौके पर पहुंची '108 एम्बुलेंस' की मदद से सभी घायलों को तुरंत पन्ना जिला अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टर्स की देखरेख में उनका इलाज चल रहा है। ये लोग हुए घायल हादसे में घायल हुए लोगों की पहचान ई-रिक्शा चालक संजू अहिरवार (30 वर्ष, निवासी जनकपुर), तुलसी विश्वास (36 वर्ष, निवासी दमचुआ), आशा यादव (35 वर्ष, निवासी गहरा) और लक्ष्मी अहिरवार (62 वर्ष) के रूप में हुई है। इनके अलावा एक अन्य व्यक्ति को भी गंभीर चोटें आई हैं। जानकारी के मुताबिक, ई-रिक्शा चालक पन्ना से सवारियां बैठाकर बृजपुर की तरफ जा रहा था। इसी दौरान सामने से आ रहे ट्रैक्टर (नंबर: MP-16, ZA-9520) ने उसे अपनी चपेट में ले लिया। घटना की खबर मिलते ही स्थानीय पुलिस ने मौके पर पहुँचकर मामले की जांच शुरू कर दी है।
पटवाई मार्ग पर दो करोड़ का पुल अधूरा:काम बंद होने से बरसात में 30 गांवों का संपर्क टूटने का खतरा
पटवाई में दो करोड़ रुपये की लागत से बन रहा पुल अधूरा है। कार्य बंद होने से क्षेत्र के लगभग तीस गांवों के लोगों में चिंता है। बरसात के मौसम में इन गांवों का आवागमन बाधित होने की गंभीर आशंका है। कुछ माह पूर्व नगर विधायक आकाश सक्सेना ने इस पुल का शिलान्यास कर निर्माण कार्य शुरू कराया था। हालांकि, अभी तक पुल का निर्माण पूरा नहीं हो सका है और वर्तमान में कार्य बंद पड़ा है। ग्रामीणों के अनुसार, यह पुल सोना, ठिरिया, गोसमपुर, घोसीपुरा नानकार, बेहपुरा, रतनपुरा, लदोरी मढ़िया कली, मढ़िया पीपला, सैदनगर, जालपुर, जोलपुर, मिलक, सिकरौल, कुआं वाली मिलक, हसनपुर, महमूदपुर, बीसरा और मिलक निब्बी सिंह सहित करीब तीस गांवों के लिए महत्वपूर्ण था। इसके अधूरे रहने से बरसात में पटवाई कस्बे तक पहुंचने का मार्ग बाधित होने की संभावना है। सबसे अधिक परेशानी स्कूली छात्र-छात्राओं, किसानों और मरीजों को होगी। अधिकांश छात्र पटवाई के स्कूलों और कॉलेजों में शिक्षा प्राप्त करने जाते हैं, जबकि ग्रामीण प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र और अन्य आवश्यक सेवाओं के लिए भी पटवाई पर निर्भर हैं। रास्ता बंद होने पर उन्हें लंबा चक्कर लगाना पड़ सकता है या आवश्यक सेवाओं से वंचित रहना पड़ सकता है। ग्रामीणों ने प्रशासन और जनप्रतिनिधियों से जल्द निर्माण कार्य शुरू कराने की मांग की है। उनका कहना है कि हजारों लोगों की सुविधा के लिए बरसात से पहले पुल का निर्माण पूरा होना आवश्यक है। लोक निर्माण विभाग के अधिशासी अभियंता कृष्णवीर सिंह ने बताया कि पुल निर्माण कार्य जल्द दोबारा शुरू कराया जाएगा। वहीं, नगर विधायक आकाश सक्सेना ने कहा कि कार्य बंद होने के कारणों की जानकारी ली जाएगी और बरसात से पहले पुल का निर्माण पूरा कराने का प्रयास किया जाएगा।
गोंडा जिले के वजीरगंज थाना क्षेत्र अंतर्गत नगवा गांव में आज गुरुवार शाम करीब 5:30 बजे शॉर्ट सर्किट से एक फूस के मकान में आग लग गई। यह मकान साधन सहकारी समिति के सामने राम भवन सैनी का था। तेज हवाओं के कारण आग तेजी से फैल गई और देखते ही देखते पूरा फूस का मकान जलकर राख हो गया। स्थानीय लोगों ने तत्काल मौके पर पहुंचकर आग बुझाने का प्रयास किया, लेकिन घंटों तक वे आग पर काबू नहीं पा सके। गांव वालों ने अग्निशमन दल को सूचना दी, लेकिन घंटों बाद भी टीम मौके पर नहीं पहुंची। इसके बाद स्थानीय लोगों ने दोबारा कड़ी मशक्कत की और नल के पानी का उपयोग कर लगभग 200 से अधिक बाल्टी पानी डालकर आग पर काबू पाया है। इस अग्निकांड में राम भवन सैनी के मकान में रखा लाखों रुपये का सामान और नकदी जलकर पूरी तरह राख हो गई। अनाज, भूसा और गृहस्थी का अन्य सामान भी आग की चपेट में आ गया। बताया गया कि राम भवन सैनी अपनी पत्नी और चार बच्चों के साथ इसी छप्पर के आवास में रहते थे। बीते कुछ दिनों से उनकी दिमागी हालत ठीक नहीं थी और वे आग लगने के समय छप्पर के नीचे ही लेटे हुए थे। आसपास के लोगों ने समय रहते विक्षिप्त व्यक्ति और जानवरों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया है। सूचना पर वजीरगंज पुलिस, लेखपाल राकेश कुमार यादव ने मौके पर पहुंचकर के पूरे घटनाक्रम को लेकर के जांच की है। राम भवन सैनी को आर्थिक सहायता भी गोंडा जिला प्रशासन द्वारा उपलब्ध कराई जाएगी इसको लेकर के राजस्व विभाग की रिपोर्ट भी मांगी गई है। वजीरगंज थाना अध्यक्ष विपुल कुमार पांडेय ने बताया कि स्थानीय लोगों द्वारा आग पर काबू पा लिया गया है। राजस्व विभाग के अधिकारी कर्मचारी मौके पर आए हुए थे उन्होंने जांच की है तहसील को रिपोर्ट देंगे उसके बाद आर्थिक मदद तहसील द्वारा ही दी जाएगी।
भाजपा व्यापार प्रकोष्ठ के प्रदेश अध्यक्ष विनीत शारदा ने बड़ौत में मृतक व्यापारी सोहनलाल और उनके पुत्र विकास के परिवार से मुलाकात की। इस दौरान उन्होंने अधिकारियों को चेतावनी देते हुए कहा कि जो पुलिसकर्मी या अधिकारी समाजवादी पार्टी की मानसिकता से काम कर रहे हैं, वे अपना बोरिया-बिस्तर बांध लें। उन्होंने व्यापारियों की सुरक्षा को लेकर सरकार की गंभीरता पर भी जोर दिया। शारदा ने कहा कि ऐसे अधिकारियों को 'काला पानी' भेजने का काम किया जाएगा। उन्होंने यह भी कहा कि अगर भीड़ ने किसी बदमाश को मारा है, तो भीड़ की हौसलाअफजाई करनी चाहिए। उन्होंने 48 घंटे के भीतर बाकी अपराधियों को भी कड़ी सजा दिलाने का आश्वासन दिया। यह घटना बड़ौत में हुई थी, जहां दुकान पर बैठे व्यापारी सोहनलाल और उनके पुत्र विकास की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। इस घटना में वरुण लुहारी ने अपने साथियों के साथ मिलकर फायरिंग की थी, जिसमें पिता-पुत्र की मौत हो गई थी। इस दौरान हिस्ट्रीशीटर वरुण लुहारी भी घायल हो गया और उसकी उपचार के दौरान मौत हो गई। इस मामले में पुलिस ने व्यापारियों की हत्या के मामले में मुकदमा दर्ज करते हुए वरुण के पिता को गिरफ्तार करते हुए जेल भेज दिया और अन्य अभियुक्त की तलाश शुरू कर दी। इस दौरान वरुण के परिवार के लोगों ने भीड़ में मौजूद व्यक्ति द्वारा वरुण को गोली मारने के मामले में मुकदमा दर्ज करने की मांग की थी। इसके बाद पुलिस ने वरुण के परिवार की तहरीर पर दो व्यापारियों सहित 5-6 व्यक्तियों पर मामला दर्ज किया गया है। विनीत शारदा ने मृतक व्यापारी परिवार पर दर्ज मुकदमे को रद्द करने की मांग की। उन्होंने व्यापारी परिवार को हर संभव मदद का आश्वासन दिया और कहा कि कोई भी अधिकारी लापरवाही न बरते। उन्होंने स्पष्ट किया कि लापरवाही करने वाले अधिकारियों पर कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। शारदा ने कहा कि वह इस पूरी घटना और व्यापारियों की सुरक्षा से जुड़े मुद्दों से मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को अवगत कराने के लिए लखनऊ जाएंगे। उन्होंने जाति-पात की राजनीति छोड़ने की भी अपील की।
उत्तर प्रदेश पुलिस भर्ती लिखित परीक्षा में फर्जी शैक्षिक दस्तावेजों के इस्तेमाल का एक गंभीर मामला सामने आया है। बांदा में एक अभ्यर्थी पर कूटरचित दस्तावेजों के आधार पर परीक्षा में शामिल होने का आरोप लगा है। परीक्षा केंद्र व्यवस्थापक की शिकायत पर पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। यह घटना 10 जून 2026 को बांदा के इंटरमीडिएट कॉलेज तिंदवारा स्थित परीक्षा केंद्र पर हुई। प्रयागराज के सराय गोपाल निवासी आदर्श सिंह पुत्र मक्खनलाल द्वितीय पाली में कक्ष संख्या-05 में परीक्षा देने पहुंचा था। केंद्र प्रशासन को अभ्यर्थी की वास्तविक आयु और प्रवेश पत्र में अंकित जन्मतिथि (01 जनवरी 1998) के बीच संदिग्ध अंतर दिखाई दिया। परीक्षा समाप्त होने के बाद आदर्श सिंह से पूछताछ की गई। केंद्र व्यवस्थापक द्वारा दर्ज कराए गए प्रार्थना पत्र के अनुसार, अभ्यर्थी ने स्वीकार किया कि उसकी वास्तविक जन्मतिथि 29 जून 1985 है। उसने बताया कि उसने पहली बार वर्ष 2001 में प्रयागराज के भगवानदीन इंटर कॉलेज, बहोरीपुर से हाईस्कूल और वर्ष 2004 में इंटरमीडिएट की परीक्षा उत्तीर्ण की थी। आरोप है कि अपनी आयु कम दर्शाने के लिए अभ्यर्थी ने दूसरी बार प्रयागराज के आई.वी.वी.एस. बेरवा से हाईस्कूल और इंटरमीडिएट की परीक्षा पास की। इसके बाद, उसने वर्ष 2014 में अपने आधार कार्ड में भी जन्मतिथि बदलवा ली। इन्हीं संशोधित दस्तावेजों के आधार पर उसने पुलिस भर्ती परीक्षा के लिए आवेदन किया था। केंद्र व्यवस्थापक धनराज ने इस मामले को कूटरचना और फर्जी दस्तावेजों के उपयोग का गंभीर प्रकरण बताते हुए कानूनी कार्रवाई की मांग की। उनकी तहरीर के आधार पर संबंधित थाने में मामला दर्ज कर लिया गया है। पुलिस ने बताया कि अभ्यर्थी द्वारा प्रस्तुत सभी शैक्षिक अभिलेखों, आधार कार्ड और अन्य दस्तावेजों की गहन जांच की जा रही है। जांच में आरोपों की पुष्टि होने पर नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी। इस घटना के सामने आने के बाद पुलिस भर्ती परीक्षा की पारदर्शिता और दस्तावेज सत्यापन प्रक्रिया पर भी सवाल उठने लगे हैं।
अमरोहा पुलिस ने एक 8 वर्षीय दलित बच्ची से दुष्कर्म और एससी/एसटी एक्ट के मामले में त्वरित कार्रवाई की है। रहरा थाना क्षेत्र के एक गांव में हुई इस घटना के आरोपी फरमान के खिलाफ महज 72 घंटे के भीतर न्यायालय में आरोप पत्र दाखिल कर दिया गया है। अमरोहा के पुलिस अधीक्षक लखन सिंह यादव ने बताया कि इस संवेदनशील मामले में विवेचना प्रक्रिया को प्राथमिकता के आधार पर पूरा किया गया। आरोपी मुस्लिम समुदाय के युवक फरमान के विरुद्ध सभी आवश्यक साक्ष्य जुटाए गए और निर्धारित समय-सीमा में जांच पूरी की गई। पुलिस अधीक्षक ने कहा कि संवेदनशील मामलों में त्वरित और निष्पक्ष कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं। इसी क्रम में रहरा थाना पुलिस और विवेचना से जुड़े अधिकारियों ने तेजी से कार्रवाई करते हुए आरोप पत्र न्यायालय में प्रस्तुत किया। उन्होंने यह भी बताया कि आरोपी को जल्द ही न्यायालय के माध्यम से कठोरतम सजा दिलाई जाएगी। पुलिस का कहना है कि महिलाओं और बालिकाओं से जुड़े अपराधों में दोषियों के खिलाफ प्रभावी कार्रवाई जारी रहेगी। इसका मुख्य उद्देश्य पीड़ित पक्ष को शीघ्र न्याय दिलाना है।
मैहर शहर में निर्माणाधीन सांदीपनि स्कूल की छत गिरने के मामले में प्रशासन ने अपनी जांच शुरू कर दी है। गुरुवार को कलेक्टर बिदिशा मुखर्जी के निर्देश पर तहसीलदार जितेंद्र पटेल, पीडब्ल्यूडी (PWD) के अधिकारी भूपेंद्र सिंह लोधी और निर्माण एजेंसी पीआईयू (PIU) की टीम मौके पर पहुंची। यह हादसा बुधवार शाम को आंधी और बारिश के दौरान हुआ था, जब स्कूल की बन रही बिल्डिंग की छत अचानक भरभराकर गिर गई। जांच से पहले ही गायब कर दिया मलबा हैरानी की बात यह रही कि जब अफसरों की टीम जांच करने पहुंची, तो उन्हें घटनास्थल पर कोई मलबा ही नहीं मिला। अधिकारियों ने बताया कि उनके आने से पहले ही मलबे को वहां से साफ कर दिया गया था, जिसकी वजह से मौके पर सबूतों की सही तरीके से जांच नहीं हो सकी। हालांकि, वहां काम कर रहे लोगों ने अधिकारियों को एक अलग ही कहानी बताई। उनका कहना था कि यह हादसा नींव के लिए मिट्टी निकालते समय हुआ। चैन माउंटेन मशीन (जेसीबी) से खुदाई के दौरान मशीन का संतुलन बिगड़ गया और उसके धक्के से पास की छत ढह गई। गनीमत रही कि हादसे के समय छत के नीचे कोई मजदूर नहीं था, जिससे कोई चोटिल नहीं हुआ। कांग्रेस ने उठाए भ्रष्टाचार के सवाल सांदीपनि विद्यालय का निर्माण पीआईयू के जरिए मोहनलाल कंस्ट्रक्शन कंपनी करा रही है। इस घटना को लेकर नगर कांग्रेस अध्यक्ष प्रभात द्विवेदी ने सरकार और ठेकेदार कंपनी पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उनका कहना है कि जिस स्कूल में हजारों बच्चों का भविष्य बनना है, वहां ऐसा घटिया निर्माण किया जा रहा है। द्विवेदी ने आरोप लगाया कि मामूली आंधी-बारिश में छत का गिर जाना साफ तौर पर भारी लापरवाही और भ्रष्टाचार को दिखाता है। उन्होंने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराकर दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की मांग की है। फिलहाल, प्रशासन मामले की बारीकी से जांच कर रहा है कि यह हादसा किसी तकनीकी खराबी, घटिया निर्माण या फिर मशीन की टक्कर की वजह से हुआ है।
करनाल जिले के मुनक थाना के अधीन आने वाले गांव बाल राजपुतान में जमीन विवाद को लेकर दो पक्षों के बीच चल रहे तनाव के दौरान पुलिस टीम पर हमला करने का मामला सामने आया है। सूचना मिलने पर मौके पर पहुंची पुलिस टीम को समझाने के दौरान एक पक्ष के लोगों ने गाली-गलौज करते हुए धक्का-मुक्की की, वर्दी फाड़ दी और हाथ की उंगली मरोड़कर चोट पहुंचाई। आरोपियों ने सरकारी गाड़ी को भी नुकसान पहुंचाया और जान से मारने की धमकी दी। पुलिस ने केस दर्ज कर कार्रवाई शुरू कर दी है। एएसआई राजीव कुमार शिकायत में बताया कि वह थाना मूनक में आईओ के तौर पर तैनात हैं। गुरुवार, 11 जून की सुबह करीब 9:55 बजे थाना प्रभारी के आदेश पर उन्हें सूचना मिली कि गांव बाल राजपुतान में जयदर्थ पक्ष और सुरजीत पक्ष के बीच जमीन को लेकर कहासुनी हो रही है। दोनों पक्षों में कोई भी समझौते को तैयार नहीं था। मौके पर एक पक्ष मिला, दूसरे पक्ष के लोग नहीं पहुंचे एएसआई राजीव कुमार अपने साथ सिपाही सागर और सिपाही नीरज तथा ड्राइवर रिंकू के साथ सरकारी गाड़ी में मौके पर पहुंचे। वहां पहले से ईआरवी-423 पर ईएएसआई मनोज और एसपीओ बलवीर मौजूद थे। मौके पर जयदर्थ पक्ष के नेत्रपाल, वेदपाल, संजय और अन्य 4-5 लोग मौजूद मिले, जबकि दूसरा पक्ष मौके पर नहीं था। पुलिस टीम ने मौजूद लोगों को समझाया कि वे मौके पर इकट्ठा न हों और थाने आकर अपना पक्ष रखें। इतना कहते ही नेत्रपाल, वेदपाल, संजय और अन्य लोग भड़क गए और पुलिस के साथ गाली-गलौज शुरू कर दी। इसके बाद सभी ने पुलिस कर्मियों के साथ धक्का-मुक्की करनी शुरू कर दी। वर्दी फाड़ी, उंगली मरोड़कर चोट पहुंचाई शिकायत में बताया गया कि नेत्रपाल ने एएसआई राजीव कुमार की वर्दी पकड़कर बाईं जेब फाड़ दी। विरोध करने पर अन्य लोगों ने उन्हें पकड़ लिया और नेत्रपाल ने उनका बायां हाथ पकड़कर अनामिका (रिंग फिंगर) उंगली मरोड़ दी, जिससे चोट आई। सरकारी गाड़ी की खिड़की तोड़ी, हैंडल उखाड़ा वेदपाल और अन्य आरोपियों ने ईआरवी-423 गाड़ी की ड्राइवर साइड के पीछे वाली खिड़की को खींचकर उसका हैंडल तोड़ दिया और वाहन को नुकसान पहुंचाया। आरोपियों ने पुलिस टीम को मौके से जाने की धमकी देते हुए कहा कि नहीं गए तो जान से मार देंगे। दो साल से चल रहा जमीन विवाद जानकारी के अनुसार यह जमीन करीब दो साल पहले मूनक निवासी सुरजीत और सुरेंद्र ने महेंद्र सिंह से किला नंबर 18 और 19 में खरीदी थी। इसी जमीन को लेकर दोनों पक्षों के बीच विवाद चला आ रहा है, जो अब हिंसक रूप ले चुका है। पुलिस ने कई धाराओं में केस दर्ज किया मामले में एएसआई संदीप कुमार द्वारा प्राप्त शिकायत और मेडिकल रिपोर्ट के आधार पर थाना मूनक में मुकदमा दर्ज किया गया है। पुलिस ने आरोपियों नेत्रपाल, वेदपाल, संजय और अन्य 4-5 लोगों के खिलाफ विभिन्न धाराओं के तहत केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। दो आरोपी मौके से काबू, बाकी की तलाश जारी थाना प्रभारी राजेश कुमार ने बताया कि पुलिस ने मौके से दो आरोपियों को पकड़ लिया है, जबकि अन्य की तलाश जारी है। जल्द ही सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
छत्तीसगढ़ के मनेंद्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर (MCB) जिले में शिक्षा विभाग में बड़ा बदलाव किया गया है। राज्य सरकार ने जिला शिक्षा अधिकारी आर.पी. मिरे को हटा दिया है और उनकी जगह रविकांत यादव को नया प्रभारी DEO बनाया गया है। सरकार का कहना है कि सुशासन को बेहतर तरीके से लागू करने और शिक्षा व्यवस्था को सुधारने के लिए यह कदम उठाया गया है। जानकारी के मुताबिक, हाल ही में ‘सुशासन तिहार’ के दौरान मुख्यमंत्री ने चिरमिरी में हुई समीक्षा बैठक में शिक्षा विभाग की लापरवाही और कमजोर प्रदर्शन पर नाराजगी जताई थी। इस बैठक में तत्कालीन DEO आरपी मिरे को भी फटकार लगाई गई थी। इसके बाद लगातार विभागीय कार्यप्रणाली और जिले के खराब बोर्ड परीक्षा परिणामों को लेकर भी सवाल उठ रहे थे। बताया जा रहा है कि 10वीं और 12वीं के परीक्षा परिणामों में MCB जिला राज्य में सबसे नीचे रहा, जिसके बाद शासन स्तर पर असंतोष बढ़ गया था। इसी वजह से यह फैसला लिया गया है। मुख्यमंत्री की नाराजगी के बाद अब सरकार ने सख्त कदम उठाते हुए DEO को हटा दिया है और रविकांत यादव को जिले की शिक्षा व्यवस्था सुधारने की जिम्मेदारी सौंपी है। अब नए प्रभारी DEO के सामने जिले में शिक्षा व्यवस्था सुधारने और आने वाली परीक्षाओं में बेहतर परिणाम दिलाने की बड़ी चुनौती होगी।
बालाघाट से छिंदवाड़ा के एथेनॉल प्लांट के लिए भेजे गए सरकारी चावल से भरे तीन ट्रकों में से दो ट्रक रहस्यमयी ढंग से गायब हैं। यह चावल 3 जून को बालाघाट के एफसीआई गोदाम नवेगांव से रवाना किया गया था। इनमें से एक ट्रक वारासिवनी की संचेती राइस मिल में खड़ा मिला था, जिसे पुलिस ने जब्त कर लिया है। जब्त किए गए ट्रक (सीजी-04-जेडी-3147) में 490 बोरियों में कुल 242 क्विंटल 55 किलोग्राम चावल भरा हुआ था। बाकी के दो ट्रक कहां गए, इसका अब तक कोई सुराग नहीं मिल पाया है। राइस मिल मालिक और एजेंट पर केस दर्ज इस बड़ी हेराफेरी को लेकर खाद्य विभाग की टीम ने संचेती राइस मिल के मालिक सौरभ संचेती, एथेनॉल प्लांट के अधिकृत प्रतिनिधि राहुल प्रताप और ट्रक ड्राइवर दुर्गेश शेंद्रे के खिलाफ पुलिस में केस दर्ज कराया है। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस की एक विशेष जांच टीम (SIT) का गठन किया गया है। पुलिस अधीक्षक आदित्य मिश्रा ने बताया कि गायब हुए दोनों ट्रकों की तलाश की जा रही है। एसआईटी और खाद्य विभाग के अफसरों ने छिंदवाड़ा स्थित एथेनॉल प्लांट का मुआयना करके वहां से जरूरी कागजात और सीसीटीवी की डीवीआर जब्त कर ली है। साथ ही प्लांट के रिकॉर्ड को सील कर दिया गया है ताकि कोई सबूतों से छेड़छाड़ न कर सके। दिल्ली तक पहुंची जांच की आंच एसपी मिश्रा ने बताया कि एथेनॉल प्लांट के दो एजेंटों के नाम सामने आए हैं, जो फिलहाल फरार हैं। पुलिस उनकी तलाश कर रही है। दूसरी तरफ, एफसीआई भोपाल की टीम भी इस घोटाले की जांच में जुटी है, जबकि दिल्ली मुख्यालय से भी इस पर नजर रखी जा रही है। अब तक दोनों ट्रकों का पता न चलने से यह आशंका पक्की होती जा रही है कि गायब चावल को रास्ते की ही किसी राइस मिल में उतार दिया गया है। गरीबों के निवाले की रीसाइक्लिंग का बड़ा खेल! जानकारों का कहना है कि यह जिले का पहला और अनोखा मामला है। अगर इसकी पूरी कड़ाई से जांच हुई, तो गरीबों के हक के राशन के चावल की हेराफेरी और एथेनॉल प्लांट के नाम पर चावल की रीसाइक्लिंग का एक बहुत बड़ा रैकेट बेनकाब हो सकता है। इस जांच की आंच न केवल राइस मिल मालिकों बल्कि खाद्य विभाग और एफसीआई गोदाम के बड़े अफसरों तक भी पहुंच सकती है।
मथुरा के थाना कोतवाली क्षेत्र में बुधवार देर रात संदिग्ध परिस्थितियों में मिले एक युवक के शव की पहचान हो गई है। मृतक की पहचान बबलू (38 वर्ष), पुत्र गुलाब सिंह, निवासी तरौली जनूबी, थाना छाता, जनपद मथुरा के रूप में हुई है। परिजनों ने गुरुवार को पोस्टमार्टम गृह पहुंचकर मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की है। पुलिस को बुधवार देर रात नया बस स्टैंड माल गोदाम रोड के पास सड़क किनारे एक युवक का शव पड़ा होने की सूचना मिली थी। मौके पर पहुंची पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया था, क्योंकि उसकी पहचान नहीं हो पाई थी। बाद में सोशल मीडिया पर जारी फोटो के आधार पर परिजनों ने शव की पहचान बबलू के रूप में की। मृतक बबलू राजमिस्त्री का काम करता था और मेहनत-मजदूरी करके अपने परिवार का भरण-पोषण करता था। उसके परिवार में पत्नी के अलावा चार बच्चे हैं। परिजनों ने बबलू की मौत को संदिग्ध बताया है। उनका कहना है कि शव पर चोट के निशान थे और शरीर से खून भी निकल रहा था। उन्होंने पुलिस से मामले की गहन जांच कर सच्चाई सामने लाने की अपील की है। चौकी बाग बहादुर के चौकी प्रभारी मांगेराम ने बताया कि बुधवार देर रात युवक का शव मिला था। शव का पोस्टमार्टम कराकर परिजनों को सौंप दिया गया है। उन्होंने यह भी बताया कि इस मामले में अभी तक किसी भी पक्ष की ओर से कोई लिखित शिकायत (तहरीर) प्राप्त नहीं हुई है। पुलिस का कहना है कि मामले के सभी पहलुओं की जांच की जा रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट मिलने के बाद ही मौत के सही कारणों का पता चल पाएगा और उसके आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
लघु एवं सीमांत किसानों की आय बढ़ाने तथा पहाड़ी क्षेत्रों की भूमि को कृषि योग्य बनाने के उद्देश्य से जिला कलेक्टर मोहम्मद जुनैद पी.पी. ने झल्लारा क्षेत्र में जलग्रहण विभाग द्वारा किए जा रहे बेंच टेरेसिंग कार्यों का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान कलेक्टर ने कहा कि पहाड़ी क्षेत्रों में कृषि योग्य भूमि विकसित करने और किसानों की आय में वृद्धि के लिए एक समन्वित कार्ययोजना तैयार की जाएगी। उन्होंने जलग्रहण, कृषि और राजस्व विभागों को आपसी तालमेल के साथ कार्य करने तथा योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन के निर्देश दिए। नियमित मॉनिटरिंग और प्रभावी क्रियान्वयन पर जोर कलेक्टर ने संबंधित विभागों को बेंच टेरेसिंग कार्यों की नियमित निगरानी सुनिश्चित करने के लिए संयुक्त आदेश का प्रारूप तैयार करने को कहा। उन्होंने कहा कि नव विकसित कृषि भूमि को शीघ्र उत्पादक बनाकर किसानों तक इसका प्रत्यक्ष लाभ पहुंचाना सरकार की प्राथमिकता है। कलेक्टर ने निर्देश दिए कि बेंच टेरेसिंग से विकसित क्षेत्रों में आधुनिक और अधिक उत्पादन देने वाली फसलों का चयन किया जाए। साथ ही कृषि विभाग को किसानों को तकनीकी परामर्श और आवश्यक मार्गदर्शन उपलब्ध कराने के लिए कहा, ताकि कृषि उत्पादन बढ़ने के साथ किसानों की आर्थिक स्थिति भी मजबूत हो सके। राजस्व अभिलेखों में दर्ज होगा फसलों का रिकॉर्ड उन्होंने कहा कि नव विकसित कृषि क्षेत्रों में बोई जाने वाली फसलों का रिकॉर्ड राजस्व अभिलेखों और गिरदावरी में दर्ज किया जाना चाहिए। इससे भूमि उपयोग, कृषि विस्तार और विकास कार्यों की वास्तविक स्थिति का सटीक आकलन किया जा सकेगा। कलेक्टर ने बताया- बेंच टेरेसिंग केवल भूमि संरक्षण और जल संवर्धन तक सीमित नहीं है, बल्कि यह पहाड़ी क्षेत्रों में कृषि योग्य भूमि के विस्तार का प्रभावी माध्यम भी है। इससे किसानों को खेती के नए अवसर मिलेंगे तथा कृषि आधारित रोजगार को भी बढ़ावा मिलेगा। अधिकारी और ग्रामीण रहे मौजूद निरीक्षण के दौरान रतन सिंह भाटी सहित जलग्रहण एवं कृषि विभाग के अधिकारी-कर्मचारी तथा बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे। अधिकारियों ने कलेक्टर को क्षेत्र में किए जा रहे कार्यों की प्रगति और भविष्य की योजनाओं की जानकारी भी दी।
गाजियाबाद कलेक्ट्रेट में जनसुनवाई के दौरान एक 70 वर्षीय वृद्धा सत्या शर्मा ने जिलाधिकारी रविन्द्र कुमार माँदड़ से मुलाकात की। वसुंधरा निवासी वृद्धा ने बताया कि उन्हें लंबे समय से विधवा पेंशन नहीं मिल रही है और उनका आयुष्मान कार्ड भी नहीं बन पाया है, जिससे उन्हें परेशानी हो रही है। जिलाधिकारी ने वृद्धा की समस्या को गंभीरता से सुना। उन्होंने मौके पर ही संबंधित अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए। डीएम ने वृद्धा का आयुष्मान कार्ड बनवाने की प्रक्रिया शुरू करवाई और विधवा पेंशन जल्द बहाल करने का आश्वासन दिया। इसके अतिरिक्त, जिलाधिकारी रविन्द्र कुमार माँदड़ ने अपनी परीक्षा ड्यूटी से प्राप्त लगभग 22 हजार रुपये की मानदेय राशि वृद्ध महिला को आर्थिक सहायता के तौर पर प्रदान की। जिलाधिकारी की इस सहायता पर वृद्धा ने आभार व्यक्त किया। उन्होंने जिलाधिकारी को आशीर्वाद देते हुए कहा कि वह अगली बार उनके लिए अपने हाथों से खाना बनाकर लाएंगी। इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। लोग जिलाधिकारी रविन्द्र कुमार माँदड़ की इस पहल की सराहना कर रहे हैं।
हरदोई के शाहाबाद तहसील के परियल गांव में एसडीएम पर हुए पथराव के मामले ने राजनीतिक रंग ले लिया है। इसी क्रम में गुरुवार को जिला पंचायत अध्यक्ष प्रेमावती अपने पति और भाजपा अनुसूचित मोर्चा (अवध क्षेत्र) के क्षेत्रीय महामंत्री पीके वर्मा के साथ परियल गांव पहुंचीं। जिला पंचायत अध्यक्ष ने इस घटनाक्रम के संबंध में जिला पंचायत सदस्य लालाराम, उनकी पत्नी शिवरानी और ग्रामीणों से मुलाकात की। उन्होंने उनका हालचाल जाना और घटना की विस्तृत जानकारी प्राप्त की। घटना 8 जून की शाम को हुई थी, जब एसडीएम शाहाबाद सुशील मिश्रा अन्नपूर्णा भवन से संबंधित जानकारी लेने परियल गांव पहुंचे थे। आरोप है कि पूछताछ के दौरान उनका जिला पंचायत सदस्य के पुत्र उदयवीर से विवाद हो गया। इसके बाद भीड़ ने पथराव कर दिया, जिसमें एसडीएम के सिर में गंभीर चोट आई और उन्हें पांच टांके लगे थे। अधिकारियों द्वारा सख्त कार्रवाई के दावों के बावजूद, घटना के तीन दिन बाद भी अब तक कोई एफआईआर दर्ज नहीं हुई है। इस स्थिति के कारण मामले ने पूरी तरह से राजनीतिक रंग ले लिया है, जिसकी चर्चा लखनऊ तक पहुंच गई है। दूसरी ओर, सत्ताधारी दल भाजपा के नेता जिला पंचायत सदस्य लालाराम के समर्थन में सामने आए हैं। जिला पंचायत अध्यक्ष प्रेमवती के दौरे से पहले, बुधवार को उच्च शिक्षा राज्य मंत्री रजनी तिवारी और भाजपा जिलाध्यक्ष अजीत सिंह बब्बन ने भी गांव का दौरा किया था। जिला पंचायत अध्यक्ष प्रेमावती के दौरे के समय शाहाबाद के ब्लॉक प्रमुख त्रिपुरेश मिश्रा सहित कई अन्य प्रमुख लोग उपस्थित थे। फिलहाल, इस संवेदनशील मामले पर प्रशासनिक अधिकारी टिप्पणी करने से बच रहे हैं।
यूनेस्को की विश्व विरासत सूची में शामिल चित्तौड़गढ़ फोर्ट में अतिक्रमण-अवैध निर्माण फिर चर्चा में हैं। भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण (ASI) ने दुर्ग क्षेत्र में 209 से ज्यादा रेजिडेंशियल और कमर्शियल अतिक्रमण चिह्नित किए हैं। इनमें कच्चे निर्माण, होटल-रेस्टोरेंट और अन्य पक्के कमर्शियल निर्माण हैं। अब जिला प्रशासन ने साल 2020 के बाद बने निर्माणों को लेकर सख्त रुख अपनाया है। जिला कलेक्टर डॉ. मंजू ने स्पष्ट किया- दुर्ग क्षेत्र में जारी निर्माण कामों को तुरंत प्रभाव से रोकने, एफआईआर दर्ज कराने और नियमानुसार अतिक्रमण हटाने के निर्देश हैं। साथ ही पुरातत्व विभाग को पहले जारी नोटिसों पर सख्ती से फॉलोअप करने को कहा गया है। कलेक्टर बोलीं- निर्माण रोकने और एफआईआर के दिए निर्देश जिला कलेक्टर डॉ. मंजू ने कहा- अतिक्रमणों को लेकर प्रशासन गंभीर है। आर्कियोलॉजी विभाग की ओर से जिन मामलों में नोटिस जारी किए गए हैं, उनमें आगे की कार्रवाई के लिए निर्देश हैं। किसी मामले में डिमोलिशन आदेश जारी नहीं हुए हैं उनका भी सख्ती से फॉलोअप करने को कहा गया है। उन्होंने बताया- जो निर्माण अभी प्रक्रियाधीन हैं या वर्तमान में किए जा रहे हैं, उन्हें तुरंत प्रभाव से रोकने के निर्देश हैं। ऐसे मामलों में एफआईआर दर्ज कराने और अतिक्रमणों को नियमानुसार हटाने के लिए भी कहा गया है। साल 2020 के बाद बने निर्माणों में करीब सात से आठ ऐसे कमर्शियल अतिक्रमण चिह्नित किए हैं, जिनका राजस्व विभाग की टीम ने भी सत्यापन किया है। साल 2024 में ऐसे मामलों में ASI ने 67 नोटिस जारी किए गए थे। जो बन चुके हैं उनके डिमोलिशन के लिए दिल्ली ASI के आदेश के बाद ही कार्रवाई होगी। ऐसे मामलों में काफी समय भी लगता है। दुर्ग क्षेत्र में होटल, रेस्टोरेंट और अन्य निर्माण शामिल एएसआई के संरक्षण सहायक प्रेमचंद शर्मा ने बताया- दुर्ग की प्राचीर के भीतर का पूरा क्षेत्र प्राचीन स्मारक एवं पुरातात्विक स्थल और अवशेष अधिनियम 1958 के तहत संरक्षित है। यहां केंद्र सरकार की अनुमति के बिना किसी भी प्रकार का निर्माण, पुनर्निर्माण, मरम्मत या अतिक्रमण करना प्रतिबंधित है। उन्होंने बताया- विभाग की ओर से चिह्नित किए गए 209 में से 200 से अधिक कच्चे अतिक्रमण और मरम्मत काम हैं। जबकि बाकी होटल, रेस्टोरेंट और हैंडीक्राफ्ट से जुड़े भवन पक्के अवैध निर्माण की श्रेणी में आते हैं। विभाग की ओर से सभी संबंधित लोगों को नामजद किया जा चुका है और नोटिस भी जारी किए गए हैं। हालात ऐसे हैं कि दुर्ग क्षेत्र में बने कुछ ऊंचे निर्माण अब शहर से भी साफ दिखाई देने लगे हैं। यहां किसी के पास पट्टा नहीं है और ना ही रजिस्ट्री हो सकती है। ऐसे में सभी को अवैध ही माना जाता है। ASI की और से रिपेयरिंग करवाने का प्रावधान है लेकिन उसके लिए भी डॉक्यूमेंट्स का होना जरूरी है। डेमोलिशन के लिए जोधपुर और दिल्ली भेजी गई फाइल पुरातत्व विभाग ने कुछ मामलों में नोटिस चस्पा कर संबंधित लोगों को खुद निर्माण हटाने की चेतावनी दी है। विभाग का कहना है कि निर्धारित समय में निर्माण नहीं हटाए जाने पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। ऐसे मामलों में डेमोलिशन का खर्च भी संबंधित व्यक्ति से वसूला जा सकता है और एक लाख रुपए से ज्यादा का जुर्माना भी लगाया जा सकता है। इसके अलावा दो साल की सजा भी हो सकती है। एएसआई के अनुसार डेमोलिशन से संबंधित फाइल जोधपुर क्षेत्रीय कार्यालय और दिल्ली स्थित केंद्रीय मुख्यालय को भेजी गई है। वहां से स्वीकृति मिलने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।
शाहजहांपुर स्टेशन पर टिकट जांच अभियान:172 मामलों में हुई कार्रवाई, 76,250 रुपये वसूले
शाहजहांपुर रेलवे स्टेशन पर गुरूवार शाम करीब पांच बजे एक विशेष टिकट जांच अभियान चलाया गया। इस दौरान बिना टिकट यात्रा, अनियमित यात्रा और गंदगी फैलाने के कुल 172 मामलों में कार्रवाई करते हुए 76,250 का राजस्व अर्जित किया गया। मुरादाबाद मंडल रेल प्रबंधक विनीता श्रीवास्तव के निर्देश पर यह अभियान बिना वैध टिकट यात्रा करने वाले यात्रियों और अनियमित यात्रा पर अंकुश लगाने तथा रेलवे परिसर एवं ट्रेनों में स्वच्छता बनाए रखने के उद्देश्य से संचालित किया गया। वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक महेश यादव के निर्देशन में यह अभियान चला। इसमें मंडल के विभिन्न स्टेशनों से कुल 08 टिकट जांच कर्मचारियों ने वाणिज्य निरीक्षक, शाहजहांपुर एस.के. ठाकुर और सीआईटी शाहजहांपुर नरेंद्र त्यागी के नेतृत्व में रेलवे सुरक्षा बल के 02 कर्मचारियों के सहयोग से किया गया। अभियान के दौरान शाहजहांपुर स्टेशन पर कुल 17 गाड़ियों की जांच की गई। इनमें गाड़ी संख्या 15909, 15212, 12232, 13308, 13006, 55349, 55363, 55059, 15001, 14307, 14235, 15075, 15076, 15211, 13152, 15910 और 22454 शामिल थीं। विशेष टिकट जांच अभियान के तहत 52 बिना टिकट यात्रा के मामलों से किराया और जुर्माना सहित 30,250 वसूले गए। इसी प्रकार, अनियमित यात्रा के 114 मामलों से 44,900 और गंदगी फैलाने के 6 मामलों से 1,100 रुपये की वसूली की गई। मुरादाबाद मंडल ने यात्रियों से अपील की है कि वे वैध टिकट लेकर यात्रा करें, यात्रा नियमों का पालन करें और रेलवे परिसरों तथा ट्रेनों में स्वच्छता बनाए रखने में सहयोग करें।
जौनपुर में प्रवक्ता परीक्षा:14 जून को होगी परीक्षा, 8375 परीक्षार्थी 18 केंद्रों पर देंगे परीक्षा
जौनपुर में उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग द्वारा आयोजित प्रवक्ता (पुरुष/महिला) राजकीय इंटर कॉलेज परीक्षा-2025 की तैयारियों को लेकर एक बैठक हुई। जिलाधिकारी सैमुअल पॉल एन. की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट सभागार में हुई इस बैठक का उद्देश्य परीक्षा को सकुशल, पारदर्शी और नकलविहीन ढंग से संपन्न कराना था। यह परीक्षा 14 जून को सुबह 9:30 बजे से 11:30 बजे तक आयोजित की जाएगी, जिसमें जनपद के 18 परीक्षा केंद्रों पर कुल 8375 परीक्षार्थी शामिल होंगे। परीक्षा को शांतिपूर्ण और निष्पक्ष वातावरण में संपन्न कराने के लिए व्यापक इंतजाम किए गए हैं। प्रत्येक परीक्षा केंद्र पर 18 स्टैटिक मजिस्ट्रेट और 18 सेक्टर मजिस्ट्रेट तैनात किए गए हैं, जो व्यवस्थाओं की निगरानी करेंगे। जिलाधिकारी ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे परीक्षा से पहले अपने आवंटित केंद्रों का निरीक्षण करें और सभी आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित करें। उन्होंने सुरक्षा व्यवस्था, सीसीटीवी कैमरे, विद्युत आपूर्ति, पेयजल और साफ-सफाई जैसी मूलभूत सुविधाओं की उपलब्धता पर विशेष जोर दिया। डीएम ने स्पष्ट चेतावनी दी कि किसी भी प्रकार की लापरवाही या अनियमितता पाए जाने पर संबंधित के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की जाएगी। जिलाधिकारी ने सभी अधिकारियों को आपसी समन्वय के साथ काम करते हुए परीक्षा को पूर्णतः नकलविहीन, निष्पक्ष और व्यवस्थित ढंग से संपन्न कराने के निर्देश दिए। इस महत्वपूर्ण बैठक में मुख्य विकास अधिकारी ध्रुव खड़िया, अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व परमानंद झा, मुख्य राजस्व अधिकारी अजय अंबष्ट, सह जिला विद्यालय निरीक्षक राजेश कुमार नगर, लोक सेवा आयोग के प्रतिनिधि सहित संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।
एटा में जिलाधिकारी अरविन्द सिंह की अध्यक्षता में महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना (मनरेगा) और उत्तर प्रदेश राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन (एनआरएलएम) की समीक्षा बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में मनरेगा कार्यों की गुणवत्ता, पारदर्शिता, वृक्षारोपण, अमृत सरोवरों की प्रगति तथा महिला स्वयं सहायता समूहों के सशक्तिकरण पर विस्तार से चर्चा हुई। जिलाधिकारी ने स्पष्ट निर्देश दिए कि मनरेगा कार्यों में किसी भी स्तर पर लापरवाही और मनमानी बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने रोजगार सेवकों की कार्यशैली पर सख्त नाराजगी जताते हुए कार्यों में पूरी पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करने को कहा। साथ ही, अधिक से अधिक मानव दिवस सृजित करने, श्रमिकों का समयबद्ध भुगतान करने और जॉब कार्डधारकों की ई-केवाईसी शीघ्र पूर्ण कराने के निर्देश भी दिए गए। वित्तीय वर्ष 2025-26 और 2026-27 के वृक्षारोपण कार्यों तथा अमृत सरोवरों की भी समीक्षा की गई। जिलाधिकारी ने पूर्व वर्षों में लगाए गए पौधों की वास्तविक स्थिति का आकलन करने, जीवित और नष्ट पौधों का रिकॉर्ड रखने तथा पौधारोपण स्थलों की सुरक्षा व रखरखाव सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने चेतावनी दी कि वह विकास कार्यों की जमीनी हकीकत परखने के लिए स्वयं औचक निरीक्षण करेंगे। डीएम ने अमृत सरोवरों में वर्षभर पानी की उपलब्धता बनाए रखने के लिए अधिकारियों से इनलेट के माध्यम से जलापूर्ति सुनिश्चित करने और नियमित निगरानी करने को कहा। उन्होंने तालाबों और सरोवरों के किनारों पर व्यापक वृक्षारोपण कर हरित पट्टी विकसित करने पर भी जोर दिया। ग्रामीण आजीविका मिशन की समीक्षा के दौरान जिलाधिकारी ने महिला स्वयं सहायता समूहों को आर्थिक रूप से मजबूत बनाने पर विशेष बल दिया। उन्होंने समूहों द्वारा तैयार उत्पादों की ब्रांडिंग, पैकेजिंग और विपणन को बढ़ावा देने के निर्देश दिए। बड़े व्यापारियों, मंडियों और व्यापारिक संस्थानों से समन्वय स्थापित कर महिला समूहों को बेहतर बाजार उपलब्ध कराने पर भी जोर दिया गया। जिलाधिकारी ने मलावन पावर प्लांट के निकट स्थित वेटलैंड क्षेत्र के संरक्षण और सौंदर्यीकरण में स्वयं सहायता समूहों की महिलाओं की भागीदारी सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए। उन्होंने कहा कि इससे पर्यावरण संरक्षण के साथ ग्रामीण महिलाओं को रोजगार के नए अवसर भी मिलेंगे। बैठक में मुख्य विकास अधिकारी राजेन्द्र प्रसाद मिश्र, डीसी मनरेगा प्रभु दयाल सहित समस्त खंड विकास अधिकारी, कार्यक्रम अधिकारी, जिला मिशन प्रबंधक एवं संबंधित विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।
रायपुर। गाय को राष्ट्रीय पशु घोषित किए जाने की मांग को लेकर शुक्रवार 12 जून को रायपुर में हस्ताक्षर अभियान चलाया जाएगा। अभियान का आयोजन रायपुर उत्तर विधानसभा युवा कांग्रेस के कार्यकारी अध्यक्ष नवाज़ खान द्वारा किया जा रहा है। यह कार्यक्रम मौदहापारा स्थित मस्जिद के पास दोपहर 1:50 बजे आयोजित होगा। आयोजकों का कहना है कि गाय भारतीय संस्कृति, सभ्यता और सामाजिक जीवन का महत्वपूर्ण हिस्सा रही है। देश के करोड़ों लोगों की धार्मिक आस्था और भावनाएं गाय से जुड़ी हुई हैं। ऐसे में गाय को राष्ट्रीय पशु का दर्जा दिए जाने से उसकी सुरक्षा और संरक्षण को नई दिशा मिलेगी। मुस्लिम समाज भी करेगा मांग का समर्थन नवाज़ खान ने कहा कि केवल कानून बनाना ही पर्याप्त नहीं है, बल्कि समाज में आपसी सम्मान, संवेदनशीलता और भाईचारे को बढ़ावा देना भी जरूरी है। उनका मानना है कि गाय को राष्ट्रीय पशु घोषित करने से सामाजिक सौहार्द और राष्ट्रीय एकता को मजबूती मिलेगी तथा गौवंश संरक्षण के प्रति व्यापक जनजागरण होगा। उन्होंने बताया कि इस अभियान के माध्यम से मुस्लिम समाज भी गाय को राष्ट्रीय पशु घोषित करने की मांग का समर्थन करेगा। हस्ताक्षर अभियान के जरिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को यह संदेश देने का प्रयास किया जाएगा कि सामाजिक सद्भाव, भाईचारे और गौवंश संरक्षण के मुद्दे पर समाज के विभिन्न वर्ग एकजुट हैं।
हरदोई में बेसिक शिक्षा विभाग द्वारा ईसीसीई (ECCE) एजुकेटर के 210 पदों पर भर्ती के लिए लिखित परीक्षा कल, 12 जून 2026 को आयोजित की जाएगी। इस परीक्षा में कुल 630 आवेदक शामिल होंगे। विभाग ने परीक्षा को शांतिपूर्ण और निष्पक्ष ढंग से संपन्न कराने के लिए सभी आवश्यक तैयारियां पूरी कर ली हैं। जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी (BSA) अजित सिंह के मुताबिक, आवेदकों की संख्या को देखते हुए शहर में दो परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं। राजकीय इंटर कॉलेज (GIC), हरदोई में क्रम संख्या 01 से 440 तक के परीक्षार्थी परीक्षा देंगे, जबकि राजकीय बालिका इंटर कॉलेज (GGIC), हरदोई में क्रम संख्या 441 से 630 तक के आवेदकों की परीक्षा होगी। परीक्षा का समय सुबह 9:30 बजे से 11:30 बजे तक निर्धारित है। सभी परीक्षार्थियों को सुबह 8:00 बजे तक अपने निर्धारित केंद्र पर पहुंचना अनिवार्य होगा। सुबह 9:00 बजे के बाद किसी भी परीक्षार्थी को केंद्र में प्रवेश की अनुमति नहीं दी जाएगी। परीक्षार्थियों को परीक्षा केंद्र पर कुछ आवश्यक दस्तावेज साथ लाने होंगे। इनमें सेवायोजन पोर्टल पर आवेदन किए गए फॉर्म की प्रति (प्रिंटआउट), फोटोयुक्त मूल पहचान पत्र (जैसे पैन कार्ड) और उसकी एक फोटोकॉपी, चार नवीनतम पासपोर्ट साइज फोटोग्राफ, तथा ओएमआर शीट भरने के लिए केवल नीला या काला बॉल पॉइंट पेन शामिल हैं। जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी ने स्पष्ट किया है कि आवेदन फॉर्म और मूल पहचान पत्र के बिना किसी भी परीक्षार्थी को केंद्र में प्रवेश नहीं मिलेगा। साथ ही, उत्तर पत्रक (ओएमआर शीट) में किसी भी प्रकार की ओवरराइटिंग या एक से अधिक विकल्प पर निशान लगाने पर वह उत्तर अमान्य कर दिया जाएगा।
लखनऊ में शहीद पथ पर स्थित लुलु मॉल के पास जल्द ही 100 मीटर लंबा और 5 मीटर चौड़ा अत्याधुनिक स्काई वॉक (फुट ओवरब्रिज) बनाया जाएगा। करीब 18 करोड़ रुपये की लागत वाली यह परियोजना पीपीपी मॉडल पर विकसित होगी, जिसका पूरा खर्च निजी कंपनी वहन करेगी। गुरुवार को एलडीए उपाध्यक्ष प्रथमेश कुमार की अध्यक्षता में हुई बैठक में परियोजना के प्रस्तुतीकरण के बाद निर्माण कार्य को मंजूरी दे दी गई। एलडीए के अनुसार, यह फुट ओवरब्रिज शहीद पथ जैसे व्यस्त मार्ग पर पैदल यात्रियों को सुरक्षित और सुगम आवागमन की सुविधा देगा। बुजुर्गों, दिव्यांगों और महिलाओं की सुविधा के लिए सीढ़ियों के साथ लिफ्ट भी लगाई जाएगी। निर्माण शुरू कराने के लिए लोक निर्माण विभाग, ट्रैफिक पुलिस, लेसा और लुलु मॉल प्रबंधन के साथ समन्वय स्थापित कर आवश्यक निर्देश जारी किए गए हैं। स्काई वॉक बनेगा नया अर्बन स्पेस परियोजना के तहत ग्राउंड फ्लोर पर लगभग 1200 वर्गमीटर क्षेत्र में हरित क्षेत्र विकसित किया जाएगा। यहां कियोस्क, इंटरैक्टिव पब्लिक स्पेस, शौचालय और पार्किंग जैसी सुविधाएं उपलब्ध होंगी। इसके अलावा ग्राउंड, मेजेनाइन और प्रथम तल पर व्यावसायिक गतिविधियों के लिए स्पेस विकसित किया जाएगा। वहीं रूफटॉप पर ओपन एयर रेस्टोरेंट और बड़ी एलईडी स्क्रीन लगाने की भी योजना है। सुरक्षा और सुविधाओं पर विशेष जोर फुट ओवरब्रिज को भूकंपरोधी तकनीक से बनाया जाएगा। इसमें एंटी-स्किड फ्लोरिंग, मजबूत रेलिंग, सीसीटीवी कैमरे, पर्याप्त प्रकाश व्यवस्था, स्पष्ट साइनेज और अग्निरोधी विद्युत फिटिंग लगाई जाएंगी। साथ ही फायर सेफ्टी उपकरण, पब्लिक एड्रेस सिस्टम, प्राथमिक उपचार किट और आपदा प्रबंधन की सुविधाएं भी उपलब्ध रहेंगी। निर्माण के दौरान ट्रैफिक प्रभावित नहीं होगा एलडीए का दावा है कि परियोजना का निर्माण चरणबद्ध तरीके से किया जाएगा, जिससे यातायात पर न्यूनतम प्रभाव पड़े। जरूरत पड़ने पर अस्थायी डायवर्जन, बैरिकेडिंग, चेतावनी संकेतक और ट्रैफिक मार्शलों की तैनाती की जाएगी। ट्रैफिक पुलिस के सहयोग से यातायात संचालन को सुचारु बनाए रखा जाएगा।
जगराओं में कार-बाइक की टक्कर:मोटरसाइकिल में लगी आग; युवक घायल, स्थानीय लोगों ने पहुंचाया अस्पताल
लुधियाना जिले के जगराओं-सिधवां बेट रोड पर वीरवार को एक सड़क हादसा हुआ। बीबीएससी स्कूल के पास कार और बाइक की टक्कर में बाइक सवार गंभीर रूप से घायल हो गया। टक्कर के बाद बाइक में आग लग गई और वह पूरी तरह जलकर राख हो गई। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, टक्कर इतनी जोरदार थी कि बाइक तुरंत आग की लपटों में घिर गई। मौके पर मौजूद लोगों ने घायल युवक को संभाला और उसे इलाज के लिए सिधवां बेट के सरकारी अस्पताल पहुंचाया। युवक गंभीर रूप से हुआ घायल जहां प्राथमिक उपचार के बाद, उसकी गंभीर हालत को देखते हुए डॉक्टरों ने उसे लुधियाना रेफर कर दिया। घायल युवक की पहचान गांव बीरमी के निवासी के रूप में हुई है। घटना की सूचना मिलने पर थाना सिधवां बेट की पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने घटनास्थल का जायजा लिया और मामले की जांच शुरू कर दी है, ताकि हादसे के कारणों का पता लगाया जा सके। स्थानीय लोगों ने प्रशासन से इस सड़क पर बढ़ते हादसों को रोकने के लिए यातायात सुरक्षा के आवश्यक कदम उठाने की मांग की है।
मेरठ के LLRM मेडिकल कॉलेज के वार्षिक शैक्षणिक सम्मेलन मेडनोवा-2026 के पहले दिन ज्ञानवर्धक सत्रों, प्रतियोगिताओं और कौशल विकास गतिविधियों के साथ कार्यक्रमों का आयोजन हुआ। मुख्य अतिथि के रूप में पहुंचे आईएमए उत्तर प्रदेश के मुख्य संरक्षक एवं पूर्व राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. शरद कुमार अग्रवाल ने विद्यार्थियों को चिकित्सा क्षेत्र में समर्पण, अनुशासन और निरंतर सीखते रहने का संदेश दिया। वहीं एलएलआरएम मेडिकल कॉलेज के उप-प्राचार्य डॉ. ज्ञानेश्वर टोंक ने छात्रों को नेतृत्व क्षमता, अनुसंधान और सामाजिक उत्तरदायित्व के महत्व पर प्रकाश डालते हुए उत्कृष्ट चिकित्सक बनने के लिए प्रेरित किया। सम्मेलन के विशेष अतिथि व्याख्यान में वरिष्ठ नवजात शिशु रोग विशेषज्ञ डॉ. अमित उपाध्याय ने “Navigating Life Through MBBS” विषय पर अपने अनुभव साझा किए। उन्होंने एमबीबीएस जीवन की चुनौतियों, अवसरों और व्यक्तिगत एवं व्यावसायिक विकास से जुड़े महत्वपूर्ण पहलुओं पर विद्यार्थियों का मार्गदर्शन किया। मेडनोवा-2026 के तहत आयोजित यूथ पार्लियामेंट के प्रथम दिवस में प्रतिभागियों ने समसामयिक विषयों पर प्रभावशाली तर्क प्रस्तुत करते हुए लोकतांत्रिक मूल्यों और नेतृत्व क्षमता का प्रदर्शन किया। कार्यक्रम का एक प्रमुख आकर्षण मर्डर मिस्ट्री रूम रहा। क्लिनिकल सोसाइटी की अध्यक्ष डॉ. नेहा सिंह ने बताया कि फॉरेंसिक शिक्षा को रोचक बनाने के उद्देश्य से तैयार किए गए इस आयोजन में प्रतिभागियों ने सुरागों के आधार पर रहस्य सुलझाने का प्रयास किया और अपनी विश्लेषणात्मक क्षमता तथा टीमवर्क का प्रदर्शन किया। दिन के अंत में दो महत्वपूर्ण कार्यशालाओं का आयोजन किया गया। बेसिक लाइफ सपोर्ट एवं इमरजेंसी रिस्पॉन्स कार्यशाला में छात्रों को सीपीआर, प्राथमिक चिकित्सा और आपातकालीन जीवनरक्षक तकनीकों का प्रशिक्षण दिया गया। वहीं प्रसूति एवं स्त्री रोग कार्यशाला में विद्यार्थियों को संबंधित प्रक्रियाओं, उपकरणों और क्लिनिकल कौशल की व्यावहारिक जानकारी प्रदान की गई।इस अवसर पर डॉ. राजीव गोयल, डॉ. आशीष अग्रवाल, डॉ. वाणी पुरी, डॉ. शलभ गुप्ता, डॉ. मनीषा त्यागी, डॉ. संदीप जैन, डॉ. विकास त्यागी, डॉ. गौरव गुप्ता, डॉ. आभा गुप्ता, डॉ. ललिता चौधरी, डॉ. प्रीति राठी, डॉ. लोकेश कुमार सिंह, डॉ. स्नेहलता वर्मा, डॉ. नीरज मसंद, डॉ. राहुल सिंह सहित बड़ी संख्या में विद्यार्थी उपस्थित रहे।
नींद की झपकी आने से बाइक सवार सहित चार घायल:रिश्तेदारों से मिलकर वापस लौट रहे थे, अस्पताल में भर्ती
जिले के आबापुरा के वीरपुर गांव में गुरुवार शाम को बाइक चला रहे युवक को नींद की झपकी आने से एक ही परिवार के चार लोग घायल हो गए। बाइक की रफ्तार तेज होने के कारण बाइक अनियंत्रित होकर सीधे सड़क किनारे नदी में जा गिरी। जिससे 8 माह की गर्भवती और दो मासूम बच्चों समेत चार लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। राहगीरों की मदद से सभी को नदी से बाहर निकालकर महात्मा गांधी (एमजी) अस्पताल पहुंचाया गया, जहां से गंभीर हालत के चलते उन्हें निजी अस्पताल रेफर किया गया है। रिश्तेदारी से लौट रहा था जानकारी के मुताबिक छापरिया निवासी हुकमचंद अपने बेटे लोकेश, राहुल और अपनी भतीजी शिल्पा पत्नी जगदीश को बाइक पर बैठाकर वीरपुर से वापस अपने घर लौट रहे थे। गुरुवार शाम करीब 6 बजे जैसे ही उनकी बाइक वीरपुर के पास पहुंची, अचानक हुकमचंद को गाड़ी चलाते समय नींद का झोंका आ गया। पलक झपकते ही बाइक पर से उनका नियंत्रण खो गया और बाइक सीधे नदी में जा कूदी। चीख-पुकार सुन दौड़े ग्रामीण बाइक के नदी में गिरते ही मौके पर चीख-पुकार मच गई। आवाज सुनकर आस-पास के ग्रामीण और राहगीर तुरंत मौके पर दौड़े। ग्रामीण तुरंत नदी में उतरकर सभी घायलों को सुरक्षित बाहर निकाला और तुरंत 108 एम्बुलेंस को सूचना दी। सूचना पर पहुंची एम्बुलेंस की मदद से सभी को तत्काल एमजी अस्पताल में भर्ती करवाया गया है। घायल शिल्पा ने बताया- वह 8 माह की गर्भवती है। हादसे में हुकमचंद, दोनों बच्चों और गर्भवती शिल्पा को शरीर पर कई जगह गंभीर चोटें आई हैं। एमजी अस्पताल में तैनात चिकित्सकों ने सभी का प्राथमिक उपचार कर वार्ड में भर्ती कर लिया है।
बुरहानपुर के नेपानगर क्षेत्र के ग्राम मांडवा में एक आदिवासी महिला ने करीब छह दिन पहले जंगल में एक प्री-मैच्योर बच्चे को जन्म दिया था। मां और बच्चे दोनों को बुरहानपुर जिला अस्पताल के आईसीयू में भर्ती कराया गया, जहां उनकी हालत में काफी सुधार आया है। यह घटना 5 जून को हुई, जब 35 वर्षीय मीराबाई पति भूलसिंग को प्रसव पीड़ा के दौरान जंगल में ही डिलीवरी हो गई। उनके साथ उनकी 3-4 साल की बेटी भी थी। मांडवा निवासी एकलव्य भारतीय और उनकी मां किरण बाई किशोर ने उन्हें देखा और पहले आरोग्यम केंद्र मांडवा बोमलियापाठ ले गए, जो बंद मिला। इसके बाद उन्हें सीवल स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया गया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद बुरहानपुर रेफर कर दिया गया। सेहत में काफी सुधार हुआमहिला को ब्लड प्रेशर और शुगर की समस्या थी, लेकिन जिला अस्पताल में मिले उपचार के बाद उनकी सेहत में काफी सुधार हुआ है। बच्चे का वजन भी बढ़ा है, जिसे सांस लेने में तकलीफ हो रही थी। डॉक्टरों के अनुसार, नवजात शिशु प्री-मैच्योर था। जिला अस्पताल के स्टाफ ने उनकी देखभाल में विशेष प्रयास किए हैं। सिविल सर्जन डॉ. दर्पण टोके ने बताया कि मां और बच्चा दोनों अस्पताल में भर्ती हैं और स्वस्थ हैं। कलेक्टर हर्ष सिंह ने महिला के लिए 10 हजार रुपए के इंजेक्शन की व्यवस्था भी कराई थी। अस्पताल स्टाफ ने महिला को नए कपड़े भी पहनाए। गौरतलब है कि जब महिला मिली थी तब महिला के पति ने बताया कि वह किसी रिश्तेदार के यहां जा रही थी और रास्ता भटकने के कारण जंगल में ही उसकी डिलीवरी हो गई।
रामपुर रेलवे स्टेशन के प्लेटफार्म संख्या तीन के पास गुरुवार को एक व्यक्ति ने चलती ट्रेन के आगे कूदकर आत्महत्या कर ली। सूचना मिलने पर जीआरपी पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए जिला अस्पताल की मोर्चरी भेज दिया। जीआरपी थाना प्रभारी ईश्वर चंद ने बताया कि व्यक्ति प्लेटफार्म संख्या तीन के पास बैठा था। अचानक वह रेलवे ट्रैक की ओर बढ़ा और चलती ट्रेन के सामने आ गया। यह घटना इतनी तेजी से हुई कि मौके पर मौजूद लोग उसे बचा नहीं पाए। हादसे के बाद स्टेशन परिसर में कुछ देर के लिए अफरा-तफरी मच गई और भीड़ जमा हो गई। जीआरपी टीम ने घटनास्थल का निरीक्षण किया और शव को ट्रैक से हटाकर कब्जे में लिया। सब इंस्पेक्टर लक्ष्मीकांत ने मौके से मिले सामान की जांच की, लेकिन मृतक की तत्काल पहचान नहीं हो सकी। थाना प्रभारी ईश्वर चंद्र के अनुसार, शव को पोस्टमार्टम के लिए जिला अस्पताल की मोर्चरी भेजा गया है। सब इंस्पेक्टर लक्ष्मीकांत कानूनी प्रक्रियाएं पूरी कर रहे हैं और मृतक की शिनाख्त के प्रयास जारी हैं। पुलिस कर रही मामले की जांच पुलिस ने मृतक की पहचान के लिए आसपास के थानों को सूचित किया है। सोशल मीडिया और अन्य उपलब्ध माध्यमों का भी उपयोग किया जा रहा है, ताकि शव की पहचान कर परिजनों को सूचित किया जा सके। जीआरपी ने बताया कि शिनाख्त होने के बाद आगे की विधिक कार्रवाई की जाएगी। मृतक के हाथ में केनुला लगा हुआ था, जिससे यह अनुमान लगाया जा रहा है कि वह किसी बीमारी से पीड़ित था। पुलिस घटना के सभी पहलुओं की जांच कर रही है। मृतक के बारे में जानकारी जुटाने में लगी हुई है। मृतक के पास से फिलहाल कोई पहचान संबंधी दस्तावेज नहीं मिला है।
फरीदाबाद नगर निगम में पिछले एक साल से अधिक समय से फाइनेंस कमेटी के गठन को लेकर चल रहा राजनीतिक गतिरोध तथा मामले के न्यायालय तक पहुंचने के बाद हरियाणा सरकार को स्वयं हस्तक्षेप करते हुए फाइनेंस कमेटी के लिए सदस्यों का चयन करना पड़ा। गुरुवार को सरकार ने वार्ड-16 के पार्षद मनोज नासवा और वार्ड-44 के पार्षद प्रदीप टोंगर को फाइनेंस कमेटी का सदस्य नियुक्त कर दिया। नगर निगम चुनाव हुए एक साल से अधिक समय बीत चुका है, लेकिन राजनीतिक खींचतान के कारण फाइनेंस कमेटी का गठन नहीं हो पा रहा था। यह कमेटी निगम के वित्तीय फैसलों और विकास कार्यों के लिए बेहद महत्वपूर्ण मानी जाती है। कमेटी के गठन में लगातार हो रही देरी के कारण निगम के कई महत्वपूर्ण कार्य भी प्रभावित हो रहे थे। कोर्ट ने तलब की थी रिपोर्ट बताया जाता है कि कमेटी में अपने-अपने समर्थक पार्षदों को शामिल कराने को लेकर राजनीतिक स्तर पर सहमति नहीं बन पा रही थी। इसी बीच मामला कोर्ट तक पहुंचा और कोर्ट ने भी इस विषय पर गंभीरता दिखाई। इसके बाद सरकार ने नगर निगम प्रशासन, मेयर और संबंधित पक्षों से रिपोर्ट तलब की थी। करीब 15 दिन पहले सरकार ने मेयर प्रवीण जोशी और पार्षदों को कारण बताओ नोटिस जारी कर पूछा था कि आखिर अभी तक फाइनेंस कमेटी का गठन क्यों नहीं किया गया। सभी पक्षों से एक सप्ताह के भीतर जवाब मांगा गया था। प्राप्त जवाबों और रिपोर्ट के आधार पर सरकार ने स्वयं निर्णय लेते हुए दोनों पार्षदों की नियुक्ति कर दी। यहां देखें आदेश की कॉपी दोनों पार्षद कमेटी में हुए नामित फाइनेंस कमेटी में अब मेयर, नगर निगम आयुक्त और दोनों नामित पार्षद शामिल होंगे। इस प्रकार चार सदस्यीय कमेटी का गठन पूरा हो गया है। माना जा रहा है कि कमेटी के गठन से रुके हुए वित्तीय प्रस्तावों और विकास कार्यों को गति मिलेगी। राजनीतिक गलियारों में इस फैसले को भी अहम माना जा रहा है क्योंकि नियुक्त किए गए दोनों पार्षद कैबिनेट मंत्री विपुल गोयल के समर्थक माने जाते हैं। वहीं केंद्रीय राज्य मंत्री कृष्णपाल गुर्जर के खेमे में भी हलचल तेज हो गई है। अब सभी की निगाहें सीनियर डिप्टी मेयर के पद पर टिकी हैं, जिसकी घोषणा सरकार कभी भी कर सकती है। नगर निगम चुनाव मार्च 2025 में हुए थे और पहली बार सीधे मतदान के जरिए प्रवीण जोशी मेयर चुनी गई थीं। इसके बावजूद एक वर्ष तक फाइनेंस कमेटी का गठन नहीं हो सका। अब सरकार के हस्तक्षेप के बाद यह प्रक्रिया पूरी हुई है और उम्मीद जताई जा रही है कि जल्द ही सीनियर डिप्टी मेयर के पद पर भी फैसला हो जाएगा।
गोरखपुर में आपदा के समय लोगों को जल्द मदद पहुंचाने और राहत कार्य बेहतर बनाने के लिए गुरुवार को सभी तहसीलों में मॉक ड्रिल किया गया। इसमें बाढ़, आग, नाव हादसा और अन्य आपात स्थितियों से निपटने की तैयारियों को परखा गया। अलग-अलग विभागों की टीमों ने मिलकर लोगों को सुरक्षित निकालने और राहत पहुंचाने का अभ्यास किया। एडीएम वित्त एवं राजस्व ने कहा कि आपदा के समय सभी विभागों का मिलकर काम करना सबसे जरूरी है। बेहतर तालमेल से ही मुश्किल हालात में लोगों की मदद की जा सकती है। बाढ़ में फंसे लोगों को बचाने का किया अभ्याससदर तहसील में बाढ़ जैसे हालात बनाकर अभ्यास किया गया। इसमें पानी में फंसे लोगों और पशुओं को सुरक्षित बाहर निकालने, राहत शिविर पहुंचाने, भोजन और इलाज की व्यवस्था करने का अभ्यास हुआ। एनडीआरएफ और एसडीआरएफ की टीमों ने पानी में रेस्क्यू कर लोगों को बचाने के तरीके दिखाए। टैंकर में आग और अस्पताल हादसे की तैयारी देखी गईसहजनवा में एचपीसीएल बॉटलिंग प्लांट के पास टैंकर में आग लगने की स्थिति बनाकर उसे बुझाने और बचाव कार्य का अभ्यास किया गया। चौरी चौरा में बड़े हादसे के दौरान घायलों के इलाज के लिए फील्ड अस्पताल बनाकर तैयारी परखी गई। बांसगांव में अस्पताल में आग लगने पर मरीजों को सुरक्षित दूसरे अस्पताल पहुंचाने का अभ्यास किया गया। कैंपियरगंज में बाढ़ के दौरान लोगों और पशुओं को सुरक्षित स्थानों तक पहुंचाने की तैयारी देखी गई। नाव हादसे और बांध की सुरक्षा का भी अभ्यासखजनी में पुल टूटने और बांध से पानी के रिसाव को रोकने के तरीके बताए गए। गोला तहसील के बड़हलगंज मुक्तिपथ घाट पर नाविकों और मोटर बोट चालकों को हादसे से बचाव की जानकारी दी गई। कंट्रोल रूम से हुई निगरानीसुबह 9 बजे से जिला इमरजेंसी ऑपरेशन सेंटर से सभी गतिविधियों की निगरानी की गई। अधिकारियों ने वायरलेस के जरिए सभी जगहों से जानकारी ली। सभी तहसीलों के एसडीएम ने अपने-अपने क्षेत्र में जिम्मेदारी संभाली। इस अभ्यास में राजस्व, पुलिस, एनडीआरएफ, एसडीआरएफ, पीएसी बाढ़ दल, अग्निशमन विभाग, स्वास्थ्य, पशुपालन, नगर निगम, सिंचाई, पंचायती राज, नागरिक सुरक्षा, एनसीसी और आपदा मित्रों की टीम शामिल रही। कार्यक्रम जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण गोरखपुर की ओर से कराया गया।
भोपाल ईडी ने भारतीय स्टेट बैंक (SBI) के एलएचओ में पदस्थ रहे पूर्व सहायक महाप्रबंधक अनिल कुमार जैन की लगभग 3.01 करोड़ रुपए मूल्य की चल संपत्तियों को अस्थायी रूप से अटैच किया है। इस अधिकारी ने शैल कम्पनी के माध्यम से राशि हेरफेर करने का काम किया था। जांच में पाया गया कि वैध आय से 481 प्रतिशत अधिक आमदनी है। ईडी ने शैल कम्पनी के एक फर्जी डायरेक्टर का भी खुलासा किया है। यह कार्रवाई पीएमएलए 2002 के अंतर्गत बुधवार को की गई। ईडी ने जांच की शुरुआत केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (CBI) की एंटी करप्शन ब्रांच, भोपाल द्वारा दर्ज एफआईआर के आधार पर की थी। मामला आय के ज्ञात स्रोतों से अधिक संपत्ति अर्जित करने से जुड़ा है। जांच में सामने आया कि 1 अप्रैल 2017 से 31 दिसंबर 2018 के बीच अनिल कुमार जैन ने लगभग 3.01 करोड़ रुपए की संपत्ति अर्जित की, जो उनकी वैध आय से करीब 481 प्रतिशत अधिक थी। ईडी के अनुसार, यह संपत्ति उनकी ज्ञात आय के स्रोतों के मुकाबले अत्यधिक पाई गई। जैन ने 2.35 करोड़ नकद जमा कराए थे जांच के दौरान यह भी पता चला कि अनिल कुमार जैन ने अपने और परिवार के सदस्यों के बैंक खातों में करीब 2.35 करोड़ रुपए नकद जमा कराए। उन्होंने इन जमा राशियों को अचल संपत्तियों की बिक्री से प्राप्त धन बताया, लेकिन इसके समर्थन में कोई साक्ष्य प्रस्तुत नहीं कर सके। बाद में इन रकमों को फिक्स्ड डिपॉजिट (एफडीआर) में परिवर्तित कर दिया गया। इसके अलावा करीब 66 लाख रुपए की एफडीआर भी अनुपातहीन संपत्ति के रूप में पाई गई। हवाला ऑपरेटर और सीए की मदद से आय वैध कराने की कोशिश ईडी की जांच में यह भी सामने आया कि अनिल कुमार जैन ने कथित रूप से हवाला ऑपरेटरों और एक चार्टर्ड अकाउंटेंट की मदद से अवैध आय को वैध दिखाने का प्रयास किया। इसके लिए उन्होंने एक कथित शैल कंपनी एक्सीलेंट इन्फ्राबिल्ड प्राइवेट लिमिटेड के माध्यम से अचल संपत्तियों की बिक्री का दावा किया। जांच एजेंसी के अनुसार, कंपनी की कोई वास्तविक व्यावसायिक गतिविधि नहीं थी और उसके निदेशकों में शामिल अखिलेश चौधरी कथित तौर पर डमी डायरेक्टर के रूप में कार्य कर रहे थे। ईडी ने बताया कि अटैच की गई 3.01 करोड़ रुपए की फिक्स्ड डिपॉजिट राशि अपराध से अर्जित आय (Proceeds of Crime) है। संपत्तियों को जब्ती और कुर्की की आगामी कार्रवाई सुनिश्चित करने के लिए अटैच किया गया है।
छत्तीसगढ़ के रायगढ़ पानी की तलाश में चीतल का झुंड तालाब के पास पहुंचा था। जहां कुत्तों ने झुंड पर हमला कर दिया। ऐसे मंे चीतल का झुंड वहां से भाग गया, लेकिन एक चीतल का शावक अपने झुंड से बिछड़ गया। जब इसकी जानकारी वन अमला को लगी, तो मौके पर पहुंचकर तत्काल उसका रेस्क्यू किया और सुरक्षित इंदिरा विहार के जंगल में छोड़ा गया। मामला रायगढ़ वन परिक्षेत्र का है। बताया जा रहा है कि गुरूवार की सुबह तकरीबन साढ़े 6 बजे बोइरदादर के जंगल से चीतल का झुंड पानी पीने के लिए कृषि विश्वविद्यालय के पास तालाब में पहुंचा था। झुंड में चीतल का शावक भी था। कुत्तों के दौड़ाने से बड़े चीतल तो भाग निकले थे, लेकिन शावक पीछे रह गया। बताया जा रहा है कि आसपास के लोगों ने जब उसे देखा तो तत्काल इसकी सूचना वन अमला को दी गई। ऐसे में वनकर्मी मौके पर पहुंचे और किसी तरह चीतल के शावक का रेस्क्यू किया। शावक को झुंड के करीब छोड़ा गयाइसके बाद उसे इंदिरा विहार में लाया गया। जहां उसका स्वास्थ्य परीक्षण कराया गया। शावक के पूरी तरह स्वास्थ्य होने पर चीतल के झुंड के करीब इंदिरा विहार के जंगल में उसे सुरक्षित ढंग से छोड़ा गया। ऐसे में चीतल का शावक भी दौड़ते हुए आगे चले गया। पूरी तरह निगरानी की जा रहीइस संबंध में रेंजर संजय लकड़ा ने बताया कि सुबह गश्त कर रहे वनकर्मियों को घटना की सूचना मिली थी। तत्काल मौके पर जाकर चीतल शावक का रेस्क्यू किया गया। जिसके बाद उसे सुरक्षित जंगल में छोड़ा गया है। गर्मी में अक्सर वन्यप्राणी पानी की तलाश में जंगल से निकलकर जल स्त्रोतों के करीब पहुंच जाते हैं। ऐसे स्थानों पर पूरी तरह से निगरानी की जा रही है।
कोटपूतली थाना पुलिस ने दिल्ली-जयपुर राष्ट्रीय राजमार्ग (NH-48) पर नाकाबंदी के दौरान एक कार की तलाशी लेते हुए भारी मात्रा में अवैध हथियार बरामद किए और कार सवार पांच बदमाशों को गिरफ्तार किया। पुलिस के अनुसार, ये बदमाश किसी बड़ी वारदात को अंजाम देने की फिराक में थे। एसपी सतवीर सिंह ने एक प्रेस वार्ता में इस मामले का खुलासा किया। उन्होंने बताया- नाकाबंदी के दौरान एक संदिग्ध कार को रोका गया। तलाशी लेने पर कार के अंदर से एक देशी पिस्टल, एक देशी कट्टा, आठ जिंदा कारतूस और एक लोहे की रॉड बरामद हुई। पुलिस ने इन हथियारों को जब्त कर लिया है और वारदात में इस्तेमाल की जा रही कार को भी अपने कब्जे में ले लिया है। हरियाणा से जयपुर आ रहे थे आरोपी पुलिस पूछताछ में सामने आया है कि गिरफ्तार किए गए पांचों बदमाश हरियाणा के नांगल चौधरी इलाके से जयपुर की ओर जा रहे थे। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, वे रास्ते में किसी बड़ी आपराधिक घटना को अंजाम देने की योजना बना रहे थे। कोटपूतली पुलिस की सतर्कता से उनके मंसूबे विफल हो गए। गहन पूछताछ के दौरान एक और महत्वपूर्ण खुलासा हुआ। गिरफ्तार आरोपियों में से दो बदमाश बुटेरी गांव में हुई फायरिंग की घटना में भी शामिल थे। पुलिस लंबे समय से इन आरोपियों की तलाश कर रही थी। एसपी सतवीर सिंह ने बताया- पुलिस मुख्यालय के सख्त निर्देश हैं कि अवैध हथियारों के खिलाफ विशेष अभियान चलाकर अपराधियों की धरपकड़ की जाए। यह कार्रवाई इसी अभियान का हिस्सा है। कोटपूतली थाना पुलिस पकड़े गए पांचों बदमाशों से कड़ाई से पूछताछ कर रही है।
छत्तीसगढ़ के जांजगीर-चांपा जिले में घर पर चंगाई सभा का आयोजन किया गया था। इसकी सूचना मिलते ही हिंदू संगठन के लोग घर पहुंचे। हिंदू संगठन ने आरोप लगाया कि इस सभा में आसपास के लोगों को इलाज के नाम पर बुलाया गया था। वहां लोगों को चमत्कारी पानी पिलाकर बीमारियों के ठीक होने की बात कही जा रही थी। साथ ही ईसा मसीह और बाइबल से जुड़ी किताबें भी बांटी जा रही थीं और ईसाई धर्म का प्रचार किया जा रहा था। इस दौरान हिंदू देवी-देवताओं को लेकर आपत्तिजनक बातें कही गई। पास्टर ने लोगों से यह कहा कि तुम्हारे शिव, विष्णु और ब्रह्मा कुछ नहीं कर सकते, जबकि ईसा मसीह का दिया हुआ दो घूंट पानी पीने से सभी बीमारियां ठीक हो सकती हैं। इसका वीडियो भी सामने आया है। हिंदू संगठन ने इसकी शिकायत थाने में की। पुलिस ने शिकायत मिलने के बाद FIR दर्ज कर जांच शुरू की। पास्टर समेत 2 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। यह मामला सिटी कोतवाली थाना क्षेत्र के ग्राम उदयबंद का है। पहले देखिए ये तस्वीरें- अब जानिए पूरा मामला दरअसल, गुरुवार सुबह ग्राम उदयबंद के गुड़ीपारा इलाके के पास रहने वाले बद्रीनाथ बरेठ के घर में चंगाई सभा का आयोजन किया गया था। सभा में गांव की महिलाएं और पुरुष शामिल हुए। इसकी जानकारी हिंदू जागरण मंच के सतीश सोनी को मिली। इसके बाद सतीश सोनी हिंदू संगठन के कार्यकर्ता के साथ मौके पर पहुंचे। उन्होंने घर में लोगों को बहला-फुसलाकर धर्म परिवर्तन कराने का आरोप लगाया। शिकायतकर्ता सतीश सोनी ने पुलिस को बताया कि उन्हें अपने एक परिचित से सभा की जानकारी मिली थी। सभा में आसपास के लोगों को इलाज के नाम पर बुलाया गया था। वहां लोगों को चमत्कारी पानी पिलाकर बीमारियों के ठीक होने की बात कही जा रही थी। साथ ही ईसा मसीह और बाइबल से जुड़ी किताबें भी बांटी जा रही थीं और ईसाई धर्म का प्रचार किया जा रहा था। हिंदू देवी-देवताओं पर की आपत्तिजनक बातें आरोप यह भी है कि इस दौरान हिंदू देवी-देवताओं को लेकर आपत्तिजनक बातें कही गई। पास्टर ने लोगों से यह कहा कि तुम्हारे शिव, विष्णु और ब्रह्मा कुछ नहीं कर सकते, जबकि ईसा मसीह का दिया हुआ दो घूंट पानी पीने से सभी बीमारियां ठीक हो सकती हैं। इसके बाद सतीश सोनी और उनके साथियों ने पुलिस को लिखित आवेदन देकर पूरे मामले की जांच और दोषियों पर कार्रवाई की मांग की। शिकायतकर्ता की रिपोर्ट के आधार पर पुलिस ने मामला दर्ज कर किया। पास्टर और मकान मालिक गिरफ्तार पुलिस कार्रवाई करते हुए मकान मालिक बद्रीनाथ बरेठ (40) और पास्टर रथराम महिलांगे (38) को गिरफ्तार किया। शिकायत के आधार पर दोनों के खिलाफ बीएनएस की धारा 299 एवं 3(5) के तहत मामला दर्ज कर धार्मिक साहित्य जब्त किया गया। दोनों आरोपियों को न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया है। ………………………. इससे जुड़ी ये खबर भी पढ़ें… धमतरी में चंगाई सभा पर हिंदू संगठनों का विरोध:धर्मांतरण के आरोप के बाद हंगामा, पास्टरों के साथ हुई नोकझोंक, पुलिस बल तैनात छत्तीसगढ़ के धमतरी में कथित चंगाई सभाओं को लेकर जमकर हंगामा हुआ। हिंदू संगठनों ने इन सभाओं में धर्मांतरण का आरोप लगाते हुए विरोध प्रदर्शन किया। स्थिति को नियंत्रित करने के लिए मौके पर पुलिस बल तैनात किया गया। पुलिस पूरे घटनाक्रम की जांच कर रही है। पढ़ें पूरी खबर…
निवाड़ी जिले में गुरुवार शाम को आई आंधी ने भारी तबाही मचाई। आंधी के कारण पीएम श्री कन्या हाई सेकेंडरी स्कूल की छत पर लगा टीन शेड उखड़कर सीधे सड़क पर जा गिरा। इस दौरान एक बिजली का खंभा भी टूट गया। अच्छी बात यह रही कि हादसे के समय सड़क पर कोई मौजूद नहीं था, जिससे एक बड़ा हादसा होते-होते टल गया। शाम करीब 6 बजे अचानक आंधी चली, जिससे स्कूल का टीन शेड उखड़ा और पास के बिजली के खंभे से जा टकराया। टक्कर इतनी भीषण थी कि खंभा टूटकर सड़क पर गिर गया, जिससे रास्ता पूरी तरह बंद हो गया। बत्ती गुल, लोग हुए परेशान खंभा टूटने की वजह से आसपास के कई घरों की बिजली गुल हो गई और कई कनेक्शन भी खराब हो गए। घटना की जानकारी मिलते ही बिजली कंपनी टीम मौके पर पहुंची और मुख्य लाइन को जोड़कर बिजली चालू करने का काम शुरू किया। स्थानीय लोगों का कहना है कि यह हादसा और भी खतरनाक हो सकता था। अगर बिजली का खंभा स्कूल की दीवार के पास नहीं होता, तो उड़ता हुआ टीन शेड सीधे सामने बने मकानों पर गिरता, जिससे जान-माल का बड़ा नुकसान हो सकता था। गनीमत रही कि उस समय वहां से कोई राहगीर या गाड़ी नहीं गुजर रही थी। रास्ते में पड़ा है शेड, निर्माण पर उठे सवाल हादसे के बाद से ही स्कूल का टूटा हुआ टीन शेड सड़क के बीचों-बीच पड़ा हुआ है, जिससे आने-जाने वाले लोगों को काफी परेशानी हो रही है। मोहल्ले वालों का आरोप है कि स्कूल प्रशासन ने इसे हटाने के लिए अब तक कोई कदम नहीं उठाया है। पार्षद ने काम की गुणवत्ता पर किए सवाल इस घटना के बाद सरकारी काम की मजबूती पर भी सवाल उठने लगे हैं। वार्ड पार्षद गजेंद्र राय ने सीधे तौर पर निर्माण की क्वालिटी को कटघरे में खड़ा किया है। उनका कहना है कि टीन शेड लगाने में घटिया सामान और कमजोर पाइप का इस्तेमाल किया गया था, जिसकी वजह से वह तेज हवा का दबाव नहीं झेल पाया। फिलहाल राहत की बात यही है कि इस पूरे हादसे में किसी को चोट नहीं आई।
आरएलपी ने गुरुवार को बालोतरा जिला मुख्यालय स्थित कलेक्ट्रेट परिसर में जनसमस्याओं को लेकर प्रदर्शन किया। पार्टी कार्यकर्ताओं ने बिजली, पेयजल संकट, जर्जर सड़कों और फसल बीमा क्लेम सहित विभिन्न मुद्दों पर सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए राज्यपाल के नाम जिला प्रशासन को ज्ञापन सौंपा। आरएलपी नेताओं ने बताया- जिले के ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में लोग पेयजल संकट और बिजली कटौती से जूझ रहे हैं। उन्होंने जर्जर सड़कों का मुद्दा भी उठाया, जिससे आमजन और वाहन चालकों को परेशानी हो रही है। नेताओं ने किसानों को फसल बीमा का समय पर भुगतान न मिलने से हो रहे आर्थिक संकट पर भी चिंता व्यक्त की। सरकार जनहित के मुद्दों की अनदेखी कर रही धरने को संबोधित करते हुए नेताओं ने आरोप लगाया कि सरकार जनहित के मुद्दों की अनदेखी कर रही है और मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराने में विफल रही है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि समस्याओं का शीघ्र समाधान नहीं किया गया, तो आरएलपी आने वाले दिनों में बड़ा जनआंदोलन करेगी। ये रहे मौजूद प्रदर्शन में आरएलपी के वरिष्ठ नेता थानसिंह डोली, ताजाराम और मगाराम बेनीवाल सहित कई पदाधिकारी तथा जिलेभर से सैकड़ों कार्यकर्ता शामिल हुए। कार्यकर्ता रैली के रूप में कलेक्ट्रेट पहुंचे और धरना देकर राज्य सरकार के प्रति विरोध दर्ज कराया।
पाली दौरे पर पहुंचे जिले के प्रभारी मंत्री झाबरसिंह खर्रा ने शहर में सरकारी जमीनों पर हो रहे अतिक्रमण, सीवरेज और जलभराव जैसी समस्याओं पर अधिकारियों को निर्देश दिए। वहीं भाजपा प्रदेशाध्यक्ष मदन राठौड़ की टिप्पणी को लेकर सांसद हनुमान बेनीवाल की ओर से भेजे गए कानूनी नोटिस पर कहा कि उसका जवाब दिया जाएगा। राजनीति में मर्यादा बनाए रखना जरूरी है। साथ ही बरसात से पहले पेयजल, बिजली, मौसमी बीमारियों और अन्य व्यवस्थाओं को लेकर विभागीय अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। विवाह स्थल, होटल और रेस्टोरेंट की होगी जांच खर्रा ने शहर में संचालित विवाह स्थलों की भी जांच कराने के निर्देश दिए। कहा कि ऐसे स्थलों पर पार्किंग सहित अन्य जरूरी सुविधाओं की उपलब्धता सुनिश्चित की जाए। इसके अलावा शहर में संचालित होटलों और रेस्टोरेंट्स की भी जांच कराने के निर्देश अधिकारियों को दिए गए। उन्होंने सीवरेज व्यवस्था और अन्य शहरी समस्याओं के समाधान पर भी जोर दिया। बेनीवाल के कानूनी नोटिस पर बोले- जवाब देंगे भाजपा प्रदेशाध्यक्ष मदन राठौड़ की टिप्पणी को लेकर सांसद हनुमान बेनीवाल की ओर से भेजे गए कानूनी नोटिस के सवाल पर मंत्री खर्रा ने कहा कि नोटिस का जवाब दिया जाएगा। राजनीति में मर्यादा बनाए रखना जरूरी है। अधिकारियों की बैठक में जलभराव और जनसुविधाओं पर चर्चा इससे पहले प्रभारी मंत्री ने विभिन्न विभागों के अधिकारियों की बैठक ली। बैठक में बरसात के दौरान शहर में जलभराव की स्थिति दोबारा पैदा नहीं हो, इसे लेकर विशेष निर्देश दिए गए। उन्होंने पेयजल आपूर्ति, बिजली व्यवस्था, मौसमी बीमारियों की रोकथाम, पौधरोपण अभियान और अन्य जनहित से जुड़े मुद्दों की समीक्षा करते हुए संबंधित विभागों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
अलवर में अंधड़-बारिश-ओले एक साथ VIDEO:दिन में भीषण उमसभरी गर्मी रही, बारिश से गर्मी से राहत मिली
अलवर जिले सहित आसपास के क्षेत्र में गुरुवार देर शाम को अंधड़, बारिश व ओले एक साथ आए। दिन में करीब 42 डिग्री सेल्सियस तापमान था। गर्मी से आमजन पसीने से तरबतर रहा। लेकिन शाम को बारिश से गर्मी से राहत मिली। पिछले चार दिनों से जिले में शाम के समय मौसम बदला है। दिन में भीषण गर्मी से राहत शाम की बारिश व तेज हवाओं से मिली है। कुछ इलाकों में ओले भी गिरे, जिससे मौसम में अचानक ठंडक घुल गई। दिन में 'लू' के थपेड़े, शाम को 'कूल-कूल' एहसास इससे पहले, गुरुवार का दिन बेहद कष्टदायक रहा। सुबह से ही सूरज के तेवर तीखे थे और दोपहर में गर्म हवाएं (लू) चल रही थीं। उमस के कारण लोग पसीने से तर-बतर नजर आए। दिन का अधिकतम तापमान 42 डिग्री सेल्सियस के आसपास दर्ज किया गया। गर्मी के कारण दोपहर में सड़कों पर सन्नाटा पसरा रहा, लेकिन शाम को हुई इस प्री-मानसून बारिश ने झुलसाने वाली गर्मी से पूरी तरह निजात दिला दी। अलवर में पिछले चार दिनों से लगातार मौसम का मिजाज बदल रहा है। दोपहर तक तीखी धूप और शाम होते ही अंधड़-बारिश का दौर चल रहा है। दिन का पारा जहां 42 डिग्री के पास था, वहीं शाम की बारिश और ओलावृष्टि के बाद इसमें भारी गिरावट दर्ज की गई है। शाम को अचानक 50 से 60 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से चली तेज हवाओं ने पेड़ और होर्डिंग्स को हिलाकर रख दिया। 15 जून से बढ़ेगी प्री-मानसून एक्टिविटी, 24 जून तक मानसून की एंट्री मौसम विभाग के अनुसार, एक नए वेस्टर्न डिस्टर्बेंस (पश्चिमी विक्षोभ) के एक्टिव होने से अलवर समेत जयपुर और भरतपुर संभाग में आगामी 14 जून तक तेज अंधड़, आकाशीय बिजली चमकने और हल्की से मध्यम बारिश का दौर जारी रहेगा। 12 से 14 जून तक दोपहर बाद धूलभरी आंधी चलने और गरज-चमक के साथ बौछारें पड़ने की संभावना बनी रहेगी। तापमान में 2 से 3 डिग्री की गिरावट हो सकती है। 15 जून से बड़ा बदलाव 15 जून से पूरे प्रदेश में प्री-मानसून की गतिविधियां रफ्तार पकड़ेंगी, जिससे गर्मी से पक्का इलाज मिलेगा। 24 जून के आसपास मानसूर दस्तक दे सकता है।
हरियाणा के उद्योग एवं वाणिज्य मंत्री राव नरबीर सिंह ने गुरुग्राम में विकास को गति देने के उद्देश्य से वीरवार को जीएमडीए कार्यालय में एक उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक की अध्यक्षता की। इस बैठक में शहरी विकास विभाग के प्रधान सलाहकार डीएस ढेसी, जीएमडीए के सीईओ पीसी मीणा, नगर निगम गुरुग्राम आयुक्त प्रदीप दहिया और नगर निगम मानेसर आयुक्त प्रदीप सिंह सहित विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे। बैठक में शहर की प्रमुख आधारभूत संरचना परियोजनाओं की प्रगति की समीक्षा की गई। इनमें हीरो होंडा चौक से उमंग भारद्वाज चौक तक प्रस्तावित एलिवेटेड कॉरिडोर, सदर्न पेरिफेरल रोड (एसपीआर), ग्रीन बेल्ट योजना, अतिक्रमण हटाना, जल निकासी, जलभराव रोकना और पेयजल उपलब्धता से जुड़ी परियोजनाएं शामिल थीं। अधिकारियों ने बताया कि वर्तमान में लगभग 1,144 करोड़ रुपए के विकास कार्य चल रहे हैं, जबकि 1,453 करोड़ रुपए की परियोजनाएं टेंडर प्रक्रिया में हैं। करीब 1,883 करोड़ रुपए की परियोजनाएं योजना एवं स्वीकृति चरण में हैं। एक्सप्रेसवे तक एलिवेटेड रोड विकसित किए जाएंगे शहर को जाम मुक्त बनाने के लिए 5 प्रमुख एलिवेटेड रोड परियोजनाओं पर तेजी से काम किया जा रहा है। राजीव चौक से अतुल कटारिया चौक, महावीर चौक से इफको चौक और अतुल कटारिया चौक से द्वारका एक्सप्रेसवे तक एलिवेटेड रोड विकसित किए जाएंगे। एसपीआर एलिवेटेड कॉरिडोर के पहले पैकेज के लिए टेंडर प्रक्रिया शुरू हो चुकी है। इसके अतिरिक्त, बाबा कमला चौक, दादी सती चौक, गढ़ी चौक, बख्तावर चौक और अंबेडकर चौक सहित विभिन्न स्थानों पर फ्लाईओवर और अंडरपास बनाने की योजना पर भी कार्य प्रगति पर है। पेयजल आपूर्ति व्यवस्था पर दिया जोर पेयजल आपूर्ति व्यवस्था को मजबूत बनाने पर भी बैठक में जोर दिया गया। अधिकारियों ने जानकारी दी कि वर्ष 2031 तक शहर की पानी की मांग 1170 एमएलडी तक पहुंचने का अनुमान है। इसके लिए जल शोधन संयंत्रों की क्षमता बढ़ाने की योजना तैयार की गई है। मंत्री राव नरबीर सिंह ने मानसून की तैयारियों की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को सभी स्टॉर्म वॉटर ड्रेनेज परियोजनाओं को समय पर पूरा करने के निर्देश दिए।
दुर्ग जिले में अपराध नियंत्रण और कानून व्यवस्था को और मजबूत बनाने के लिए गुरुवार को पुलिस कंट्रोल रूम सेक्टर-06 में अपराध समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता पुलिस अधीक्षक विजय अग्रवाल ने की। इसमें जिले के सभी राजपत्रित अधिकारी और थाना प्रभारी शामिल हुए। बैठक में सबसे ज्यादा फोकस पुराने लंबित मामलों, फरार आरोपियों की गिरफ्तारी और शिकायतों के समय पर निराकरण पर रहा। पुलिस अधीक्षक ने स्पष्ट निर्देश दिए कि जिन मामलों की जांच लंबे समय से लंबित है, उन्हें प्राथमिकता के साथ पूरा किया जाए। 2024 और उससे पहले के लंबित अपराधों की समीक्षावर्ष 2024 और उससे पहले के लंबित अपराधों की समीक्षा की गई। इसके साथ ही गंभीर मामलों, फरार आरोपियों, निगरानी बदमाशों और थाना स्तर पर लंबित जांच की स्थिति पर भी चर्चा हुई। अधिकारियों को कहा गया कि फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए विशेष अभियान चलाएं और ऐसे मामलों को तेजी से निपटाएं। बैठक में भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (बीएनएसएस) की धारा 193(8) के तहत लंबित पूरक जांच मामलों की भी समीक्षा हुई। पुलिस अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि जांच पूरी कर समय पर न्यायालय में प्रस्तुत करें। क्राइम मीटिंग से जुड़ी ये तस्वीरें देखिए… शिकायतों पर बेहतर जवाब देने के निर्देशमुख्यमंत्री हेल्पलाइन पोर्टल और अन्य शिकायत माध्यमों में लंबित शिकायतों को लेकर भी चर्चा हुई। पुलिस अधीक्षक ने कहा कि हर शिकायत का समय पर और बेहतर जवाब दिया जाए तथा नियमित मॉनिटरिंग की जाए ताकि लोगों को जल्दी राहत मिल सके। वहीं बैठक के दौरान ई-साक्ष्य प्रणाली की प्रगति भी देखी गई। अधिकारियों को घटनास्थल से डिजिटल साक्ष्य जुटाने, उन्हें अपलोड करने और जांच में तकनीकी साक्ष्यों का ज्यादा उपयोग करने के निर्देश दिए गए। पुलिस का मानना है कि इससे जांच प्रक्रिया और मजबूत होगी। स्कूल-कॉलेज की सुरक्षा पर भी चर्चामालखाना प्रबंधन को लेकर भी समीक्षा की गई। थानों में रखी संपत्तियों का भौतिक सत्यापन, न्यायालय के आदेश के अनुसार नष्ट किए जाने वाले सामान का समय पर निपटारा और रिकॉर्ड सही रखने पर जोर दिया गया। सभी वरिष्ठ अधिकारियों को अपने अधीन थानों का नियमित निरीक्षण करने को कहा गया। आगामी शैक्षणिक सत्र को देखते हुए स्कूल और कॉलेजों के आसपास सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने के निर्देश दिए गए। छात्र-छात्राओं की सुरक्षा, ट्रैफिक व्यवस्था और संवेदनशील इलाकों में निगरानी बढ़ाने पर विशेष जोर दिया गया।
खैरथल में शहरी सेवा शिविर 12 जून से शुरू:15 जुलाई तक चलेगा, वार्डवार समस्याओं का होगा समाधान
खैरथल नगर परिषद राज्य सरकार के निर्देश पर शहरी सेवा शिविर 2026 का आयोजन कर रही है। यह शिविर आमजन की समस्याओं के त्वरित समाधान और विभिन्न योजनाओं से संबंधित आवेदनों के निस्तारण के उद्देश्य से 12 जून से 15 जुलाई 2026 तक चलेगा। नगर परिषद सभागार में होगा शिविर नगर परिषद खैरथल के आयुक्त ने बताया कि ये शिविर प्रतिदिन सुबह 9:30 बजे से शाम 6:00 बजे तक नगर परिषद सभागार में आयोजित किए जाएंगे। इन शिविरों में संबंधित वार्डों के निवासियों के विभागीय कार्यों, शिकायतों और जनसमस्याओं का समाधान किया जाएगा। साथ ही, विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं से जुड़े आवेदन भी स्वीकार कर उनका निस्तारण किया जाएगा। वार्डवार लगेंगे शिविर शिविरों का आयोजन वार्डवार निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार होगा। 12 जून को वार्ड संख्या 6, 7 और 8 के लिए शिविर लगेंगे। इसके बाद, 15 व 16 जून को वार्ड संख्या 9, 10, 11, 12 और 13; 18 व 19 जून को वार्ड संख्या 15, 16, 17 और 18; 22 व 23 जून को वार्ड संख्या 27, 28, 29 और 30; 24 व 25 जून को वार्ड संख्या 31, 32, 33, 34 और 35; तथा 29 व 30 जून को वार्ड संख्या 36, 37, 38, 39 और 40 के लिए शिविर आयोजित होंगे। जुलाई माह में, 1 व 2 जुलाई को वार्ड संख्या 43, 44 और 45 के लिए शिविर होंगे। 3 जुलाई को वार्ड संख्या 14 और 19, जबकि 6 व 7 जुलाई को वार्ड संख्या 1, 2, 3, 4 और 5 के लिए शिविर लगेंगे। 8 से 10 जुलाई तक वार्ड संख्या 20, 21, 22, 23, 24, 25 और 26 के निवासियों के लिए शिविर आयोजित किए जाएंगे। अंत में, 13 से 15 जुलाई तक फॉलोअप शिविरों के माध्यम से लंबित प्रकरणों का निस्तारण किया जाएगा। योजनाओं का लाभ उठाने की अपील नगर परिषद ने संबंधित वार्डों के नागरिकों से अपील की है कि वे निर्धारित तिथि पर शिविर में उपस्थित होकर अधिक से अधिक संख्या में विभिन्न सरकारी योजनाओं का लाभ उठाएं और अपनी समस्याओं का समाधान करवाएं।
प्रतापगढ़ में जिला रोजगार कार्यालय द्वारा गुरुवार को राजकीय उच्च माध्यमिक स्कूल, नीमच नाका में जिला स्तरीय रोजगार मेले का आयोजन किया गया। इस मेले में विभिन्न निजी क्षेत्र की कंपनियों और रोजगार प्रदाताओं ने भाग लिया, जिससे युवाओं को नौकरी के अवसर मिले। बड़ी संख्या में युवाओं ने मेले में उपस्थित होकर साक्षात्कार दिए और रोजगार संबंधी जानकारी प्राप्त की। युवाओं से लाभ उठाने की अपील कार्यक्रम में समाजसेवी उत्सव जैन ने कहा कि वर्तमान में रोजगार के अवसर केवल सरकारी क्षेत्र तक सीमित नहीं हैं। निजी क्षेत्र, स्वरोजगार और उद्यमिता में भी युवाओं के लिए असीम संभावनाएं हैं। उन्होंने युवाओं से अपने कौशल का विकास कर इन अवसरों का लाभ उठाने का आग्रह किया। विपिन जोशी ने बताया कि रोजगार मेले युवाओं और उद्योग जगत के बीच एक मजबूत सेतु का काम करते हैं। ऐसे आयोजन युवाओं को स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर प्रदान करते हैं और उनकी प्रतिभा को उचित मंच देते हैं। जिला रोजगार अधिकारी ने दी जानकारी जिला रोजगार अधिकारी के.के. तेतरवाल ने जानकारी दी कि विभाग समय-समय पर रोजगार मेलों और कैरियर मार्गदर्शन कार्यक्रमों का आयोजन करता है। इसका उद्देश्य युवाओं को रोजगार और कौशल विकास योजनाओं की जानकारी देना है। उन्होंने उपस्थित लोगों से इन कार्यक्रमों का अधिकतम लाभ उठाने का आह्वान किया। सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग के सहायक निदेशक टी.आर. आमेटा ने बताया कि सरकार की विभिन्न योजनाओं का लक्ष्य समाज के हर वर्ग को आत्मनिर्भर बनाना है। युवाओं को रोजगार और कौशल विकास के माध्यम से सशक्त बनाने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। अग्रणी जिला प्रबंधक (एलडीएम) परेश नाथ बनर्जी ने युवाओं को स्वरोजगार और बैंकिंग क्षेत्र की विभिन्न वित्तीय योजनाओं के बारे में बताया। उन्होंने कहा कि बैंक युवाओं को उद्यम स्थापित करने में हरसंभव सहायता प्रदान कर रहे हैं। बनर्जी के अनुसार, इच्छाशक्ति, कौशल और सही मार्गदर्शन से युवा स्वयं रोजगार सृजक बन सकते हैं। उत्साहपूर्वक लिया हिस्सा कार्यक्रम के दौरान, रोजगार प्रदाताओं ने अभ्यर्थियों के साक्षात्कार लिए और विभिन्न पदों के लिए चयन प्रक्रिया पूरी की। मेले में उपस्थित युवाओं ने रोजगार संबंधी जानकारी प्राप्त की और उत्साहपूर्वक इसमें भाग लिया।
राजस्थान कर्मचारी चयन बोर्ड ने रीट मेंस (शिक्षक भर्ती परीक्षा) 2026 परीक्षा लेवल वन का रिजल्ट जारी कर दिया है। बोर्ड ने परिणाम पीडीएफ फॉर्मेट में जारी किया है, जिसमें सिलेक्टेड अभ्यर्थियों के रोल नंबर शामिल किए गए हैं। कैंडिडेंट बोर्ड की आधिकारिक वेबसाइट पर जाकर अपना रिजल्ट चेक कर सकते हैं। राजस्थान कर्मचारी चयन बोर्ड ने शिक्षक भर्ती में 2000 पदों में बढ़ोतरी की है। जिसके बाद अब लेवल 1 में 5000 की जगह 7000 पदों पर अभ्यर्थियों की नियुक्ति की जाएगी। बोर्ड ने रिजल्ट जारी होने से महज कुछ घंटे पहले यह फैसला किया है। राजस्थान कर्मचारी चयन बोर्ड के अध्यक्ष आलोक राज ने कहा- बोर्ड की ओर से गुरुवार को शिक्षक भर्ती परीक्षा लेवल -1 का रिजल्ट जारी किया गया है। इससे पहले लेवल - 2 का परिणाम घोषित हो चुका है। अब डॉक्यूमेंट वेरिफिकेशन के बाद अभ्यार्थियों की फाइनल पोस्टिंग की जाएगी। बता दें कि रीट मेंस 2026 परीक्षा का आयोजन 17 जनवरी से 20 जनवरी 2026 तक किया गया था। परीक्षा हर दिन 2 पारियों में हुई थी। पहली पारी सुबह 10 बजे से दोपहर 12:30 बजे तक और दूसरी पारी दोपहर 3 बजे से शाम 5:30 बजे तक चली थी। परीक्षा के बाद 27 फरवरी को बोर्ड ने प्रोविजनल आंसर-की जारी की थी, जिस पर अभ्यर्थियों से 100 रुपए शुल्क के साथ आपत्तियां मांगी गई थीं। सभी आपत्तियों के निस्तारण के बाद अब बोर्ड ने परिणाम जारी किया है। --- यह खबर भी पढ़िए- शिक्षक भर्ती परीक्षा 2026 की रिजल्ट जारी:लेवल-1 संस्कृत और लेवल-2 साइंस-मैथ्स और संस्कृत के परिणाम घोषित हुए राजस्थान कर्मचारी चयन बोर्ड ने बोर्ड ने लेवल-1 संस्कृत और लेवल-2 के साइंस-मैथ्स और संस्कृत सब्जेक्ट का परिणाम घोषित किया है। (पढ़िए पूरी खबर)

