अयोध्या में आयोजित श्रीरामायणवेला प्राण-प्रतिष्ठा महोत्सव के अंतर्गत चतुर्थ दिवस की कथा दिव्य भावनाओं और आध्यात्मिक ऊर्जा से ओतप्रोत रही। राममय वातावरण के बीच श्रद्धालु देर तक श्रीमद्वाल्मीकीय रामायण के प्रसंगों में डूबे रहे। जगदगुरु रामानुजाचार्य स्वामी रत्नेश प्रपन्नाचार्य ने कहा कि श्रीराम केवल राजधर्म के प्रतीक नहीं, बल्कि गुरुभक्ति, मर्यादा, शौर्य और लोककल्याण के जीवंत आदर्श हैं। चतुर्थ दिवस की कथा श्रद्धालुओं के लिए भक्ति और संस्कारों के पुनर्जागरण का प्रेरणास्रोत सिद्ध हुई। इस अवसर पर श्रीरामजन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय की गरिमामयी उपस्थिति ने आयोजन की गरिमा बढ़ाई। डॉ. कृष्ण कुमार मिश्र एवं डॉ. कृष्ण कुमार पांडेय की सुसंस्कृत सहभागिता रही, वहीं जगतगुरु कृपालु रामभूषण देवाचार्य जी महाराज के दिव्य सान्निध्य ने कथा को विशिष्ट आध्यात्मिक ऊँचाई प्रदान की। कथा व्यास ने भगवान श्रीराम के बाल्यकाल का अत्यंत मनोहारी चित्रण प्रस्तुत किया। बताया कि अयोध्या के राजमहलों में जन्मे राम केवल राजकुमार नहीं, आदर्श शिष्य भी थे। बाल्यावस्था में ही उन्हें गुरुकुल में विद्याध्ययन हेतु भेजा गया, जहाँ उन्होंने वेद, धनुर्वेद सहित शास्त्र और शस्त्र दोनों में पारंगतता प्राप्त की। गुरु वशिष्ठ के आश्रम में उन्होंने विनय, अनुशासन और ब्रह्मचर्य का अनुपम आदर्श स्थापित किया।आगे वर्णित हुआ कि महर्षि विश्वामित्र अयोध्या आए और यज्ञ की रक्षा के लिए श्रीराम व लक्ष्मण को साथ ले जाने का आग्रह किया। महाराज दशरथ के हृदय में क्षणिक संशय अवश्य उत्पन्न हुआ, किंतु गुरु आज्ञा को सर्वोपरि मानते हुए श्रीराम वनगमन के लिए तत्पर हुए। यह प्रसंग धर्मरक्षा हेतु त्याग और आज्ञापालन की सर्वोच्च परंपरा का संदेश देता है।वन में ताड़का वध, मारीच और सुबाहु का पराभव तथा यज्ञ की सफल रक्षा का प्रसंग सुनाते हुए वक्ताओं ने कहा कि श्रीराम का जीवन शौर्य और करुणा का अद्भुत संतुलन है। जनकपुरी में शिवधनुष भंग कर सीता स्वयंवर की मंगल परिणति का उल्लेख होते ही पंडाल जय श्रीराम के उद्घोष से गुंजायमान हो उठा।
सिरसा रोडवेज विभाग के ड्यूटी इंचार्ज (DI) द्वारा सीएम को शिकायत सौंपने के मामले में परिवहन विभाग हेडक्वार्टर ने रोडवेज प्रशासन सिरसा से जवाब मांगा है, जिस पर ये रिपोर्ट आज सोमवार को भेजी जानी है। इसमें करीब 64 फ्रॉड केस का जिक्र है, जिसमें कृष्ण माचरा कंडक्टर रहते हुए चेकिंग में कई बार पकड़े गए। यात्रियों से किराए के पैसे लेकर टिकट नहीं दी थी। इस पर फ्लाइंग टीम ने केस बना दिए, जिनकी जांच जारी है। विभाग के अनुसार, इनमें 7 से 8 आठ ऐसे मामले हैं, जिनमें गाज भी गिरी है और कुछ केसों में 7 से 8 इंक्रीमेंट तक रोके गए हैं। इसी कारण प्रमोशन भी समय पर न होने में लेटलतीफी हुई। अब रोडवेज प्रशासन ने इन केसों की फाइल दोबारा खोल ली है। इस समय सब इंस्पेक्टर कृष्ण माचरा सिरसा डिपो में फ्लाइंग टीम में ड्यूटी दे रहे हैं। इससे पहले वह डीआई के पद पर कार्यरत थे। उसी दौरान टीएम ने डीआई रहते कृष्ण माचरा को लोकल रूटों पर सीनियर और लांग रूटों पर जूनियर को भेजने के आदेश जारी किए थे, ताकि उनको ओवरटाइम का लाभ मिल सके। इसे न मानकर माचरा ने जीएम को शिकायत कर दी। इसके बाद कृष्ण माचरा शिकायत लेकर सीएम नायब सिंह सैनी से मिले थे। हड़ताल पर बैठने के बाद डीआई पद से हटा दिया गया खास बात है कि कृष्ण माचरा स्वयं डीआई रहते हुए कर्मचारियों के साथ हड़ताल पर बैठ गए थे। ऐसे में उनको डीआई से हटा दिया गया और फ्लाइंग टीम में भेज दिया। इस बीच कृष्ण माचरा मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी से जाकर मिले और शिकायत सौंपी। रोडवेज डीआई ने वीडियो जारी भी किया था, जिसमें रोडवेज कर्मचारी व अफसरों को कई गंभीर आरोप लगाए हैं। सीएम सैनी को दी शिकायत में सिरसा जीएम व टीएम का भी जिक्र है। आरोप लगाए कि इन भ्रष्ट अधिकारियों का मैं साथ नहीं दे सकता। ये वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था। रोडवेज कर्मचारियों व अफसरों में भी चर्चा का विषय बना हुआ है। जानिएं पूरे मामले में किसका क्या कहना रिपोर्ट आज भेजी जाएगी, जिसमें 64 फ्रॉड केस है : टीएम इस मामले में सिरसा डिपो से टीएम सुधीर कुमार का कहना है कि हेडक्वार्टर ने रिपोर्ट मांगी हुई है, जिसका जवाब आज भेजा जाएगा। कृष्ण माचरा से जुड़े पुराने केसों की फाइल निकाली है, जिसमें करीब 64 फ्रॉड केस है। कंडक्टर रहते टिकट गबन के। कुछ में इंक्रीमेंट तक रूके हैं। अभी पूरा पता लगा रहे हैं। कृष्ण माचरा को डीआई रहते लिखित में आदेश दिए थे, जो फॉलो नहीं किए। इसमें दबाव बनाने की कोई बात नहीं है। लगातार उस पर दबाव बनाकर शोषण किया : माचरारोडवेज अधिकारी कृष्ण माचरा का कहना है कि टीएम उस पर डीआई रहते हुए दबाव बनाता था। कभी कहते कि लांग रूट पर इसे भेजना है, कभी कहता कि इसे मत भेजना। इस पर वह कर्मचारियों के बीच फंस गया। सीनियर-जूनियर में झगड़ा होता था। मैंने ये आदेश नहीं माने और जीएम को टीएम की शिकायत की। जीएम ने कार्रवाई नहीं की और दोनों एक हो गए। उसे ही खुद पर कार्रवाई का डर हुआ। इसके बाद वह 19 तारीख को सीएम नायब सिंह सैनी से मिला और जीएम व टीएम के खिलाफ शिकायत सौंपकर कार्रवाई की मांग की। फ्रॉड केसों पर जवाब देते हुए आरोप लगाए कि उसे 37 सालों से दबाया जा रहा है। इसकी शुरूआत 5 रुपए के फ्रॉड केस से शुरू हुई थी, उसकी जुर्माना राशि दबाव देकर भरवा ली। जिसके बाद झूठे केस बनाते गए। कंडक्टर ड्यूटी पर रहते कोई जवाब नहीं दे पाता। लगातार शोषण किया गया। अब उसे सरकार से पूरी उम्मीद है।
परिवहन विभाग की स्लीपर बसों पर कार्रवाई के विरोध में प्रदेशभर के निजी बस ऑपरेटर्स ने सोमवार रात 12 बजे से हड़ताल का ऐलान किया है। हड़ताल के कारण करीब 35 हजार प्राइवेट बसों के पहिए थम जाएंगे। ऑपरेटर्स का कहना है कि आरटीओ की कार्रवाई के तहत आरसी सस्पेंड की जा रही है और लाखों रुपए के चालान किए जा रहे हैं, जिसके विरोध में यह फैसला लिया गया है।रविवार को जयपुर में आयोजित बैठक में यह निर्णय लिया गया। बैठक में राज्यभर के कॉन्ट्रैक्ट कैरिज और अन्य निजी बस ऑपरेटर्स शामिल हुए। ऑपरेटर्स के अनुसार हड़ताल से 15 लाख से अधिक यात्री प्रभावित हो सकते हैं। अजमेर में पीएम रैली के लिए भी बसें नहीं राजस्थान कॉन्ट्रैक्ट कैरिज बस ऑपरेटर एसोसिएशन के अध्यक्ष राजेंद्र शर्मा ने बताया कि हड़ताल में स्टेट कैरिज, कॉन्ट्रैक्ट कैरिज और लोक परिवहन की करीब 35 हजार बसें शामिल होंगी। उन्होंने बताया कि अजमेर में प्रस्तावित प्रधानमंत्री की रैली के लिए भी बसें उपलब्ध नहीं कराई जाएंगी।शर्मा के अनुसार टैक्सी ऑपरेटर्स ने भी समर्थन दिया है और वे भी हड़ताल में शामिल रहेंगे। उन्होंने बताया कि दूसरे राज्यों से राजस्थान आने वाली बसें भी राज्य की सीमा में जहां पहुंचेंगी, वहीं खड़ी कर दी जाएंगी। महाराष्ट्र, गुजरात, मध्यप्रदेश, उत्तरप्रदेश, दिल्ली और हरियाणा के बस ऑपरेटर्स ने भी समर्थन जताया है और राजस्थान के लिए संचालन बंद रखने की बात कही है। आरटीओ कार्रवाई पर नाराजगी राजेंद्र शर्मा ने बताया कि प्राइवेट बस ऑपरेटर्स को लगातार परेशान किया जा रहा है। कार्रवाई के नाम पर भारी-भरकम चालान बनाए जा रहे हैं और बसों की आरसी सस्पेंड की जा रही है। उन्होंने कहा कि बसों और टैक्सियों में लगेज करियर लगाने पर रोक लगा दी गई है और इस पर भी जुर्माना वसूला जा रहा है।ऑपरेटर्स का कहना है कि ग्रामीण इलाकों में चलने वाली बसों में यात्री अक्सर अपना सामान छत पर रखते हैं। लगेज करियर हटने से यात्रियों को परेशानी हो रही है। इसी तरह टैक्सियों में भी छत पर सामान रखने की व्यवस्था रहती है। टूरिस्ट और लंबी दूरी के यात्रियों के लिए यह व्यवस्था जरूरी बताई गई है। ये हैं प्रमुख मांगें ऑपरेटर्स ने साफ किया कि जब तक उनकी मांगों पर सकारात्मक निर्णय नहीं होगा, हड़ताल जारी रहेगी। उनकी प्रमुख मांगें इस प्रकार हैंआरसी सस्पेंड नहीं की जाए।गलत चालान नहीं बनाए जाएं।पुरानी गाड़ियों पर धारा 153 नहीं लगाई जाए।सवारियों से भरी बसों को रास्ते में खाली नहीं कराया जाए।बसों और टैक्सियों में लगेज करियर दोबारा लगाने की अनुमति दी जाए।ऑपरेटर्स का कहना है कि अगर सरकार और परिवहन विभाग के साथ बातचीत में समाधान नहीं निकला तो आंदोलन आगे भी जारी रह सकता है। --- अपने क्षेत्र से जुड़ी समस्या को दैनिक भास्कर एप के सिविक इश्यू में पोस्ट करना के लिए क्लिक करें। ---
भरतपुर के अचलपुरा इलाके स्थित 11KV फीडर पर आज बिजली कटौती की जाएगी। अचलपुरा में भरतपुर डेवलप अथॉरिटी विकास कार्य करेगी। इसलिए 2 घंटे की बिजली कटौती की जाएगी। अचलपुरा के आसपास इलाके में उपभोक्ताओं को परेशानी उठानी होगी। दोपहर 2 बजे से शाम 4 बजे तक नहीं आएगी बिजली इलेक्ट्रिसिटी सर्विसेज लिमिटेड के पब्लिक रिलेशन ऑफिसर सुधीर प्रताप ने बताया कि आज भरतपुर डेवलप अथॉरिटी (BDA) अचलपुरा इलाके में विकास कार्य करेगी। इसलिए 2 घंटे की बिजली कटौती की जाएगी। जिसका समय दोपहर 2 बजे से शाम 4 बजे तक रखा गया है। 8 इलाके होंगे प्रभावित अचलपुरा स्थित 11KV फीडर बंद होने से अचलपुरा गांव, अड्डा कॉलोनी, मुरबारा रोड़, रहमान पूरा, कमलपुरा, जघीना कॉलोनी, जैन मंदिर के सामने का इलाका, सरसों अनुसंधान केंद्र के आसपास का इलाका प्रभावित होगा। इससे उपभोक्ताओं को परेशानी होगी।
जींद में दो घरों में चोरी की वारदात:केयर टेकर को धक्का देकर भागे चोर, कॉलेज कर्मी के घर भी ताले तोड़े
जींद शहर में पिछले 24 घंटों के दौरान दो अलग-अलग इलाकों में बंद पड़े मकानों में चोरी की वारदातें हुईं। बदमाशों ने एक घर से कपड़े और अन्य सामान चुराया, जबकि दूसरे घर से 30,000 रुपए नकद लेकर फरार हो गए। पुलिस ने दोनों मामलों में केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पहली घटना शहर के स्कीम नंबर-5 के मकान नंबर 96/5 में हुई। शनिवार, 21 फरवरी को शाम करीब 7 से 9 बजे के बीच बदमाशों ने इस मकान को निशाना बनाया। अपराही मोहल्ला निवासी रामनिवास, जो इस मकान के केयर टेकर हैं, ने बताया कि वे शाम को खाना खाने घर गए थे। रात 9 बजे लौटने पर उन्होंने देखा कि मेन गेट और अंदर के कमरों के ताले टूटे हुए थे। घर के भीतर दो अज्ञात व्यक्ति अलमारी खंगाल रहे थे। रामनिवास को देखते ही चोरों ने उन्हें धक्का दिया और वहां पड़े लोहे के दरांत से जान से मारने की धमकी दी। बदमाश घर से कपड़े और अन्य सामान लेकर फरार हो गए। थाना शहर जींद पुलिस ने रामनिवास की शिकायत पर अज्ञात बदमाशों के खिलाफ BNS की धारा 305, 331(4) और 351(2) के तहत मुकदमा दर्ज किया है। कॉलेज कर्मी के घर घुसे चोर चोरी की दूसरी वारदात गांव रधाना में हुई। यहां बदमाशों ने एक सरकारी कॉलेज कर्मचारी के घर को तब निशाना बनाया, जब परिवार काम पर गया हुआ था। यह घटना भी शनिवार, 21 फरवरी को दिन के समय हुई। गांव रधाना निवासी पवन कुमार, जो गवर्नमेंट कॉलेज में कार्यरत हैं, ने बताया कि वे सुबह अपनी पत्नी के साथ ड्यूटी पर गए थे। शाम को लौटने पर उन्होंने देखा कि घर के ताले टूटे हुए थे और सारा सामान बिखरा पड़ा था। छानबीन करने पर पता चला कि बेड में रखे 30,000 रुपए नकद गायब थे। पवन कुमार ने तुरंत डायल 112 पर सूचना दी। पुलिस चौकी ने उनकी शिकायत पर BNS की धारा 305 और 331(3) के तहत मामला दर्ज कर लिया है।
बांसवाड़ा में रविवार को तांबेसरा गांव में दबिश के दौरान पुलिस की घेराबंदी देख एक गांजा तस्कर अपने ही मकान की छत से कूद गया। ऊंचाई से गिरने के कारण वह गंभीर रूप से घायल हो गया। पुलिस ने उसके घर से 26 किलो 400 ग्राम सूखा गांजा जब्त किया है। आरोपी को महात्मा गांधी हॉस्पिटल (एमजी अस्पताल) में भर्ती कराया गया। आज (सोमवार) आरोपी को कोर्ट में पेश किया जाएगा। 10–12 पुलिसकर्मियों की टीम ने की घेराबंदी कुशलगढ़ थानाधिकारी प्रवीण सिंह ने बताया- रविवार सुबह मुखबिर से सूचना मिली थी कि तांबेसरा निवासी रशीद मोहम्मद पुत्र सुल्तान मोहम्मद के घर में भारी मात्रा में अवैध गांजा छिपाकर रखा गया है। सूचना की पुष्टि के बाद करीब 10–12 पुलिसकर्मियों की टीम ने घर की घेराबंदी की। जैसे ही पुलिस टीम अंदर दाखिल हुई, आरोपी भागने की कोशिश में छत पर चढ़ गया और खुद को चारों तरफ से घिरा देख नीचे कूद पड़ा। गिरने से उसे अंदरूनी चोटें आईं। पुलिस ने तत्काल उसे हिरासत में लेकर कुशलगढ़ हॉस्पिटल पहुंचाया। दो प्लास्टिक ड्रमों में भरा मिला गांजा तलाशी के दौरान पुलिस को घर में रखे दो प्लास्टिक ड्रमों से कुल 26.4 किलो सूखा गांजा बरामद हुआ। माल जब्त कर एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज किया गया है। आधी रात को एमजी अस्पताल रेफर कुशलगढ़ अस्पताल में प्राथमिक उपचार के बाद डॉक्टरों ने बेहतर इलाज के लिए आरोपी को जिला अस्पताल रेफर किया। कानूनी औपचारिकताएं पूरी करने के बाद रविवार रात करीब 12:15 बजे पुलिस वाहन से उसे एमजी अस्पताल, बांसवाड़ा लाया गया।
उदयपुर की तीन थाना पुलिस ने जिलेभर में चलाए जा रहे ऑपरेशन त्रिनेत्र के तहत अवैध मादक पदार्थों के खिलाफ कार्रवाई की है। कोटड़ा थाना पुलिस ने 95 किलो 370 ग्राम अवैध गांजे के हरे पौधे जब्त किए हैं। थानाधिकारी राजेश कुमार मीणा ने बताया कि थाना सर्कल के गांव गुजराई में आरोपी सोवन पिता रेशमा को गिरफ्तार किया है। इसके खिलाफ एनडीपीएस का मुकदमा दर्ज करते हुए आगे जांच जारी है। वहीं, दूसरी कार्रवाई हाथीपोल थाना पुलिस ने की। यहां 4.5 किलोग्राम अवैध चरस की तस्करी मामले में काम ली गई कार के मालिक को गिरफ्तार किया है। जब्तशुदा कार बिना रजिस्ट्रेशन की थी, जिस पर फर्जी नंबर प्लेट लगाकर घटना को अंजाम दिया था। घटना के वक्त ड्राइवर राजकुमार मौके से फरार हो गया था। वास्तविक मालिक का पता नहीं लगा था। मामले में पुलिस ने शोरूम का पता कर मालिक की जानकारी ली गई। जिसके बाद आरोपी कार मालिक भंवरसिंह पिता महेन्द्र सिंह निवासी रावजी का हाटा को गिरफ्तार किया। इधर, तीसरी कार्रवाई करते हुए खेरोदा थाना पुलिस ने मेनपुरिया गांव से डोडा-चूरा से भरी ट्रेक्टर-ट्रॉली जब्त की है। इसमें 113.505 किलोग्राम अवैध डोडा चूरा जब्त किया है। ट्रेक्टर पवन पिता कालु निवासी मेनपुरिया के नाम रजिस्ट्रेशन होना पाया। जिसकी तलाश जारी है। एसपी योगेश गोयल ने बताया कि आगे भी प्रभावी कार्रवाई जारी रहेगी।
टिब्बी में 3 पेड़ काटे, रोकने पर कुचलने की कोशिश:पर्यावरण प्रेमी पर किया जानलेवा हमला, आरोपी फरार
हनुमानगढ़ जिले में टिब्बी वन रेंज क्षेत्र में पेड़ों की अवैध कटाई और एक पर्यावरण प्रेमी पर जानलेवा हमले का मामला सामने आया है। सहायक वनपाल अरविंद कुमार ने टिब्बी थाने में इस संबंध में रिपोर्ट दर्ज कराई है। पुलिस ने जानलेवा हमले के प्रयास सहित विभिन्न धाराओं में मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। परिवादी अरविंद कुमार ने बताया कि रविवार सुबह करीब 7:30 बजे सीएसपी राजस्थान फीडर की 588-89 आरडीएलएस पर 3 लोग अवैध रूप से पेड़ों की कटाई कर रहे थे। मौके पर सफेदे के 3 पेड़ मशीन से काटे हुए पाए गए। इन लोगों के पास एक पिकअप गाड़ी भी खड़ी थी। जान से मारने की धमकी दी, पिकअप चढ़ाने का प्रयासइसी दौरान सहारणी निवासी बुधराम वहां से गुजर रहे थे। उन्होंने पेड़ काट रहे लोगों से पूछताछ की। आरोपियों ने अपनी पहचान सूरज और मदनलाल निवासी सिरसा के रूप में बताई। उनके साथ एक अन्य व्यक्ति भी था। एफआईआर के अनुसार, जब बुधराम ने उन्हें पेड़ काटने से रोका, तो आरोपियों ने उन्हें जान से मारने की धमकी दी। धमकी के बाद आरोपियों ने अपनी पिकअप गाड़ी बुधराम पर चढ़ाने का प्रयास किया। बुधराम के शोर मचाने पर आरोपी गाड़ी लेकर हरियाणा सीमा की ओर फरार हो गए।बुधराम ने घटना की सूचना सहायक वनपाल अरविंद कुमार को दी। इसके बाद पुलिस थाने में शिकायत दर्ज करवाई गई। मामले की जांच एएसआई दिनेश कुमार को सौंपी गई है और पुलिस आरोपियों की तलाश में जुट गई है।
गृह मंत्री अमित शाह ने 'सिद्धार्थनगर महोत्सव-2026' के लिए शुभकामना संदेश जारी किया है। उन्होंने इस आयोजन को सांस्कृतिक चेतना और आध्यात्मिक विरासत का उत्सव बताया। अपने संदेश में गृह मंत्री ने कहा कि भगवान गौतम बुद्ध की तपोभूमि सिद्धार्थनगर में आयोजित यह महोत्सव करुणा, अहिंसा और मानवता के शाश्वत विचारों को जन-जन तक पहुंचाने का एक सशक्त माध्यम है। शाह ने महोत्सव के अवसर पर प्रकाशित की जा रही 'स्मारिका' की सराहना की। उन्होंने इसे एक दूरदर्शी पहल बताया, जो भगवान बुद्ध के जीवन-दर्शन और क्षेत्र की सांस्कृतिक विरासत को संरक्षित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी। गृह मंत्री ने जनपद की विशिष्ट पहचान 'काला नमक चावल' का भी विशेष उल्लेख किया। उन्होंने इसे जिले की समृद्ध कृषि और सांस्कृतिक धरोहर का प्रतीक बताया। शाह ने कहा कि अपनी अनुपम सुगंध और विशिष्ट स्वाद के लिए प्रसिद्ध यह चावल किसानों की पारंपरिक ज्ञान-परंपरा, आत्मनिर्भरता और ग्रामीण अर्थव्यवस्था का सशक्त उदाहरण है। अमित शाह ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में बौद्ध धर्म के संरक्षण और वैश्विक विस्तार की दिशा में किए जा रहे प्रयासों का भी जिक्र किया। उन्होंने कुशीनगर अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डे के उद्घाटन, बौद्ध सर्किट के विकास, पाली भाषा को शास्त्रीय भाषा का दर्जा और नालंदा विश्वविद्यालय के पुनरुद्धार जैसे कदमों का उल्लेख किया। गृह मंत्री ने कहा कि ये सभी कदम भारत की आध्यात्मिक विरासत को विश्व-पटल पर नई पहचान दे रहे हैं। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि 'सिद्धार्थनगर महोत्सव-2026' राष्ट्र और विश्व कल्याण की दिशा में सकारात्मक चेतना का माध्यम बनेगा। शाह ने कहा कि यह महोत्सव आने वाली पीढ़ियों के लिए आध्यात्मिक, सांस्कृतिक और आर्थिक प्रेरणा का स्थायी स्रोत सिद्ध होगा।
हरदा जिले के सिविल लाइन थाना क्षेत्र के ग्राम कुकरावद में रविवार शाम ग्रामीणों ने दो युवकों को संदिग्ध परिस्थितियों में एक खेत में बैठे पाया। ग्रामीणों ने उन्हें पकड़कर पुलिस के हवाले कर दिया। ग्रामीणों को आशंका हुई कि रात के अंधेरे में खेत में बैठे ये युवक बाहरी हैं और किसी चोरी या अन्य वारदात को अंजाम देने आए हो सकते हैं। पूछताछ करने पर उन्होंने खुद को उत्तर प्रदेश के गोंडा जिले का निवासी बताया। हालांकि, वे अपना सही पता-ठिकाना और पहचान पत्र नहीं बता पाए, जिसके बाद ग्रामीणों ने पुलिस को सूचना दी। सूचना मिलने पर पुलिस दोनों युवकों को थाने ले आई। पुलिस के अनुसार, प्रथमदृष्टया दोनों युवक मानसिक रूप से कमजोर दिखाई दे रहे थे और उन्होंने पिछले दो दिनों से भोजन भी नहीं किया था। पुलिस ने खाना खिलाया, पूछताछ जारीयुवकों ने बताया कि उन्हें किसी व्यक्ति ने ट्रेन से उतारकर हंडिया थाना क्षेत्र के ग्राम खेड़ा ले जाया गया था, जहां उनसे तीन दिनों तक खेत पर काम कराया गया। इसके बाद वे किसी से लिफ्ट लेकर हरदा आ गए। यहां उन्हें किसी अन्य व्यक्ति ने दोबारा काम के लिए ले जाने की बात कहकर एक खेत में बैठा दिया था। टीआई आर एस तिवारी ने बताया कि युवकों को थाने लाकर भोजन कराया गया है और उनसे पूछताछ की जा रही है। पुलिस उनके बारे में तस्दीक कर रही है कि वे हरदा कैसे पहुंचे। फिलहाल, दोनों युवक अपना सही पता नहीं बता पाए हैं।
मध्यप्रदेश हाईकोर्ट ने एक अहम टिप्पणी करते हुए स्पष्ट कहा है कि केवल पत्नी के शिक्षित होने के आधार पर पति भरण-पोषण देने से इंकार नहीं कर सकता। अदालत ने तल्ख टिप्पणी करते हुए कहा कि क्या पति यह चाहता है कि उसकी पढ़ी-लिखी पत्नी गुजारा भत्ते के इंतजार में चौराहे पर बैठकर भीख मांगे? यह टिप्पणी मध्यप्रदेश उच्च न्यायालय की एकलपीठ द्वारा शनिवार को सुनवाई के दौरान की गई। न्यायमूर्ति अवनींद्र कुमार सिंह की बेंच ने निचली अदालत के आदेश को सही ठहराते हुए पत्नी को प्रतिमाह 6 हजार रुपए भरण-पोषण देने का फैसला बरकरार रखा। क्या है मामला? रीवा निवासी कमल की शादी जून 2021 में पूनम से हुई थी। कुछ समय बाद विवाद के चलते पूनम मायके चली गई और ससुराल पक्ष के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई। इसके बाद उसने फैमिली कोर्ट में भरण-पोषण के लिए आवेदन प्रस्तुत किया। फैमिली कोर्ट ने 27 मई 2024 को सुनवाई के बाद आदेश दिया कि कमल अपनी पत्नी को हर माह 6 हजार रुपए गुजारा भत्ता दे। इस आदेश को चुनौती देते हुए कमल ने हाईकोर्ट में पुनरीक्षण याचिका दाखिल की। पति की दलील-आय का कोई स्वतंत्र स्रोत नहीं हाईकोर्ट में कमल ने दलील दी कि फैमिली कोर्ट ने उसकी आय का आकलन अनुमान के आधार पर किया है। उसका कहना था कि जिस सुपर बाजार की दुकान से आय बताई जा रही है, वह उसके बड़े भाई की है और उसमें उसका कोई हिस्सा नहीं है। उसने यह भी कहा कि उसके पास आय का कोई स्वतंत्र स्रोत नहीं है, इसलिए वह भरण-पोषण देने के लिए बाध्य नहीं है। कमल ने यह भी तर्क दिया कि उसकी पत्नी पूनम एमए (राजनीति विज्ञान) से शिक्षित है और स्वयं नौकरी कर सकती है। कोर्ट की सख्त टिप्पणी पत्नी की ओर से अधिवक्ता सुमित तिवारी ने पति की दलीलों का विरोध किया। दोनों पक्षों को सुनने के बाद न्यायमूर्ति सिंह ने कहा कि मास्टर डिग्री होने के बावजूद भारत में रोजगार की स्थिति किसी से छिपी नहीं है। यह सामान्य ज्ञान की बात है कि योग्य उम्मीदवारों की संख्या उपलब्ध नौकरियों की तुलना में कहीं अधिक है। अदालत ने कहा कि पत्नी का उच्च शिक्षित होना उसे भरण-पोषण से वंचित करने का आधार नहीं हो सकता। यदि पत्नी सम्मानपूर्वक किसी दुकान या अन्य स्थान पर छोटा-मोटा कार्य भी कर रही हो, तब भी पति अपनी वैधानिक जिम्मेदारी से नहीं बच सकता। आदेश बरकरार हाईकोर्ट ने फैमिली कोर्ट के आदेश को न्यायसंगत और उचित बताते हुए पति कमल को निर्देश दिया कि वह अपनी पत्नी पूनम को प्रतिमाह 6 हजार रुपए भरण-पोषण राशि अदा करे।
गांव भूथल नहर के पास कैंटर ने ट्रैक्टर को पीछे से टक्कर मार दी। हादसे में ट्रैक्टर एजेंसी का सेल्समैन घायल हो गया। टक्कर के बाद कैंटर चालक वाहन सहित मौके से फरार हो गया। घायल को अस्पताल में भर्ती करवाया गया है। मॉडल टाउन थाना पुलिस ने केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। ट्रैक्टर एजेंसी में सेल्सर्मन गांव जड़थल निवासी कृष्णदत्त शर्मा ने पुलिस को शिकायत दी है। जिसमें बताया कि वह रेवाड़ी की एक ट्रैक्टर एजेंसी में सेल्समैन है। बीती रात वह ट्रैक्टर लेकर गांव जा रहा था। इसी दौरान भूथल जाट नहर के पास पहुंचा तो पीछे से कैंटर ने ट्रैक्टर को टक्कर मार दी। जिससे वह ट्रैक्टर से गिर गया। परिजनों ने पहुंचाया अस्पताल कृष्णदत्त ने बताया कि हादसे के बाद कैंटर चालक वाहन सहित मौके से फरार हो गया। उसने फोन पर घटना की सूचना अपने परिवार को दी। जिसके बाद उन्होंने मौके पर पहुंचकर उसे अस्पताल पहुंचाया। शिकायत मिलने के बाद मॉडल टाउन थाना पुलिस ने केस दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी।
डीग नगर परिषद में पट्टों और वित्तीय लेन-देन से संबंधित 132 महत्वपूर्ण फाइलें लापता होने का मामला 12 साल बाद फिर सामने आया है। इस घटना से प्रशासनिक हलकों में हलचल मच गई है और करोड़ों रुपए के संभावित घोटाले की आशंका जताई जा रही है। भाजपा के वरिष्ठ नेता और पूर्व पार्षद अमरनाथ गुप्ता ने इस संबंध में नगर परिषद आयुक्त को एक विस्तृत शिकायत पत्र सौंपा है। उन्होंने आरोप लगाया कि इतने वर्षों बाद भी न तो इन फाइलों का कोई सुराग मिला है और न ही जिम्मेदार अधिकारियों व कर्मचारियों के खिलाफ कोई ठोस कार्रवाई की गई है। पहली बार 2013 में सामने आया था मामलाशिकायत पत्र में बताया गया है कि यह मामला पहली बार वर्ष 2013 में सामने आया था। उस समय नगर परिषद के तत्कालीन अधिशासी अधिकारी ने डीग कोतवाली में 132 पत्रावलियों के गुम या चोरी होने की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। यह रिपोर्ट न्यायालय के हस्तक्षेप के बाद दी गई थी, जिससे यह संकेत मिलता है कि शुरुआत में मामले को दबाने का प्रयास किया गया था। उस समय सिविल न्यायालय और अतिरिक्त मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट के हस्ताक्षर भी एफआईआर से जुड़े दस्तावेजों पर मौजूद थे, लेकिन इसके बावजूद जांच आगे नहीं बढ़ पाई और मामला ठंडे बस्ते में चला गया। कई सालों तक ठंडे बस्ते में पड़ा रहा मामलाहाल ही में जब न्यायालय द्वारा इन पत्रावलियों को तलब किया गया, तब यह सामने आया कि संबंधित रिकॉर्ड कार्यालय से गायब है। इसके बाद नगर पालिका की ओर से पुलिस में तहरीर दी गई थी, लेकिन मामला वर्षों तक ठंडे बस्ते में पड़ा रहा। सवाल उठ रहा है कि जब नगर परिषद का रिकॉर्ड कंप्यूटरीकृत बताया जाता है, तो इतनी बड़ी संख्या में महत्वपूर्ण फाइलें कैसे लापता हो गईं। यह प्रशासनिक लापरवाही है या किसी सुनियोजित साजिश के तहत अहम दस्तावेजों को गायब किया गया है, इसकी उच्चस्तरीय जांच की मांग की जा रही है। पट्टों और पैसों से जुड़ा है मामला, करोड़ों के नुकसान की आशंकाशिकायत में दावा किया गया है कि जिन फाइलों का कोई पता नहीं है, वे पट्टा वितरण, जमा राशि और अन्य वित्तीय प्रक्रियाओं से जुड़ी थीं। ऐसे में राजस्व को भारी नुकसान और बड़े घोटाले की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता। साथ ही, सूचना का अधिकार कानून लागू होने के बावजूद आम नागरिकों को जानकारी देने में लगातार अड़चनें डाली जा रही हैं। जांच और कार्रवाई की मांगभाजपा नेता अमरनाथ गुप्ता ने मांग की है कि लापता 132 पत्रावलियों को शीघ्र बरामद कराया जाए और पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी व विभागीय कार्रवाई की जाए। उन्होंने शिकायत के साथ पुलिस में दी गई पुरानी रिपोर्ट की प्रतियां और फाइलों की सूची भी संलग्न की है।
झांसी में रेलवे की पटरी चोरी करने वाले गिरोह का एक सदस्य आरपीएफ के हत्थे चढ़ गया, जबकि उसके दो साथी अंधेरे का फायदा उठाकर मौके से फरार हो गए। पकड़े गए आरोपी के पास से रेलवे की पटरी के टुकड़े बरामद किए गए हैं। गिरोह के सदस्य दिन में कार से रेलवे स्टेशन के आसपास सवारियां ढूंढते थे और रात होते ही पटरी चोरी की वारदात को अंजाम देते थे। मामला वीरांगना लक्ष्मीबाई रेलवे स्टेशन के पास का है। स्टेशन के समीप वैगन मरम्मत वर्कशॉप और रेलवे के अन्य कारखाने स्थित हैं, जहां भारी मात्रा में रेलवे का लोहा और पटरियों के टुकड़े रखे रहते हैं।आरपीएफ प्रभारी निरीक्षक विकास पंचोली के अनुसार, बीती रात सूचना मिली कि स्टेशन से नगरा रोड की ओर एक कार (वैन) खड़ी है, जिसमें तीन लोग रेलवे की पटरी चुराकर ले जा रहे हैं। सूचना मिलते ही आरपीएफ टीम मौके पर पहुंची और घेराबंदी कर कार्रवाई की। हालांकि इस दौरान दो आरोपी भागने में सफल रहे, जबकि एक आरोपी को कार समेत दबोच लिया गया।पकड़े गए आरोपी की पहचान गढ़मऊ के हाजीपुरा निवासी सोनू परिहार के रूप में हुई है। उसके पास से पटरी के छह टुकड़े बरामद किए गए। पूछताछ में उसने स्वीकार किया कि पटरियां काठ के पुल के पास से चोरी की गई थीं और इस वारदात में उसके दो अन्य साथी भी शामिल हैं। दिन में सवारी, रात में चोरीआरोपी ने बताया कि वह और उसके साथी दिन में रेलवे स्टेशन के आसपास घूमकर उन स्थानों की पहचान करते थे, जहां रेलवे का लोहा पड़ा रहता है। दिनभर वे कार से सवारियां ढूंढने का काम करते थे, ताकि किसी को उन पर शक न हो। रात होने पर वे चिन्हित स्थानों से पटरी और लोहे के टुकड़े चोरी कर ले जाते थे।आरपीएफ अब फरार आरोपियों की तलाश में जुटी है और गिरोह के अन्य सदस्यों की पहचान की जा रही है।
अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी (AMU) के इंजीनियरिंग कॉलेज में सोमवार सुबह हंगामा खड़ा हो गया। अटेंडेंस के नियमों को लेकर नाराज हजारों छात्रों ने न सिर्फ परीक्षाओं का बहिष्कार किया, बल्कि फैकल्टी के मुख्य गेट पर जाम लगाकर विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया। वहीं, छात्रों के बहिष्कार को देखते हुए प्रॉक्टोरियल और प्रशासनिक टीम मौके पर पहुंच गई। अटेंडेंस पॉलिसी में स्पष्टता न होने का आरोप सोमवार सुबह जैसे ही परीक्षा का समय हुआ, इंजीनियरिंग एवं प्रौद्योगिकी संकाय (ZHCET) के हजारों छात्र सड़कों पर उतर आए। अटेंडेंस के कारण परीक्षा परिणाम रोकने से नाराज छात्रों ने मिड सेमेस्टर की परीक्षा देने से मना कर दिया। छात्रों की मांग थी कि पहले उनका रिजल्ट जारी किया जाए। छात्रों ने विभाग के सामने मुख्य मार्ग को अवरुद्ध कर दिया। छात्रों का दावा है कि प्रशासन की अटेंडेंस पॉलिसी में स्पष्टता न होने के कारण सैकड़ों छात्रों का भविष्य अधर में लटक गया है। छात्रों ने शनिवार को भी किया था हंगामा यूनिवर्सिटी में 75% उपस्थिति अनिवार्य है। छात्रों का आरोप है कि इस सत्र में प्रशासन ने कभी 30 तो कभी 40 प्रतिशत की बात कहकर उन्हें भ्रमित रखा। शनिवार को प्रदर्शन कर रहे छात्रों ने आरोप लगाया था कि स्पष्ट गाइडलाइंस न होने के कारण कई छात्रों को एडमिट कार्ड जारी नहीं किए गए और उन्हें परीक्षा से वंचित कर दिया गया। छात्र नेता फैसल त्यागी और अन्य प्रदर्शनकारियों की मांग है कि इस सत्र के लिए नियमों में ढील दी जाए और जिन छात्रों को रोका गया है, उन्हें तत्काल परीक्षा में बैठने की अनुमति मिले।
कोटा-झालावाड़ एनएच-52 पर देर रात दो ट्रेलर में आमने सामने की भिड़ंत हो गई। हादसे में एक ड्राइवर केबिन में फंस गया। मौके पर जाम लग गया। सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची। ड्राइवर को केबिन से बाहर निकाला। घटना कनवास थाना क्षेत्र में रात साढ़े 12 बजे के आसपास दरा क्षेत्र में पीर बाबा के मजार के पास की है। घटना के बाद सड़क के दोनों छोर पर जाम की स्थिति बनी रही। दोनों तरफ वाहनों की लंबी लंबी कतारे देखने को मिली। पुलिसकर्मी सुबह 9 बजे तक जाम खुलवाने की मशक्कत करते रहे। कनवास थाना SHO अनूप सिंह ने बताया देर रात दरा अभ्यारण क्षेत्र में दो ट्रेलर में टक्कर हुई। एक कोटा की तरफ से जा रहा था। दूसरा झालावाड़ की तरफ से आ रहा था। हादसे में एक ड्राइवर की मौत हो गई। हाइड्रा की मदद से वाहनों को हटवाया है। पुलिस की टीम जाम खुलवाने में लगी है। करीब करीब जाम क्लियर हो गया है। मृतक के बारें में पता किया जा रहा है। खबर अपडेट की जा रही है।
यूपी बोर्ड परीक्षा के लिहाज से आज अहम दिन हैं। पहली पाली में हाईस्कूल में इंग्लिश का पेपर हैं। पहली पाली की परीक्षा निर्धारित समय से शुरू हुई। जबकि दूसरी पाली में इंटरमीडिएट में बायोलॉजी और मैथ्स का पेपर होना हैं। परीक्षा केंद्रों पर शासन के निर्देशों के तहत सख्त सुरक्षा व्यवस्था बरती जा रही हैं। राज्य स्तरीय कंट्रोल रूम से बोर्ड परीक्षा की राउंड द क्लॉक निगरानी भी हो रही हैं। सोमवार को अहम विषयों के पेपर होने के कारण परीक्षा केंद्रों से लेकर कंट्रोल रूम तक अफसरों की सख्ती भी नजर आई।
रामपुर में उत्तर प्रदेश बोर्ड परीक्षा देने जा रहे 10सवीं के 4 छात्र ट्रैक्टर टॉली की चपेट में आने से दो की मौत हो गई, जबकि दो घायल हो गए। घटना की ग्रामीणों ने पुलिस को दी। पुलिस ने छात्रों को जिला अस्पताल भेज दिया। घटनास्थल पर लोगों से पूछताछ की। घटना सोमवार सुबह साढ़े 7 बजे हुई। टांडा क्षेत्र में बोर्ड परीक्षा देने जा रहे दो छात्रों की ट्रैक्टर-ट्रॉली की चपेट में आने से मौत हो गई। यह हादसा सरकथल के पास हुई, जिसमें दो अन्य छात्र गंभीर रूप से घायल हो गए। हादसे के बाद आसपास रह रहे लोगों ने घटनास्थल पर पहुंचे। घायल बच्चों की जानकारी पुलिस को दी। पुलिस ने 108 एम्बुलेंस से सभी को जिला अस्पताल भेज दिया। रेनबो स्कूल में कर रहे थे पढ़ाई रेनबो इंटर कॉलेज के कक्षा 10 के चार छात्र विनीत (ज्ञान सिंह के पुत्र), विनय शर्मा (पुष्पेंद्र शर्मा के पुत्र), मनु चौहान (अमित चौहान के पुत्र, निवासी फत्ता वाला) और अरुण सैनी (भगवान दास के पुत्र, निवासी मझोला लाइन पार मुरादाबाद) सनराइज इंटर कॉलेज टांडा में अपनी बोर्ड परीक्षा देने जा रहे थे। हादसे में मनु चौहान और अरुण सैनी को डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। वहीं, विनीत और विनय शर्मा को गंभीर हालत में जिला अस्पताल रेफर किया गया है। जानकारी के अनुसार, मृतक अरुण सैनी अपने मामा के यहां रहकर पढ़ाई कर रहा था।
राजस्थान लोक सेवा आयोग की ओर से लेक्चरर (आयुष विभाग) परीक्षा-2025 के अंतर्गत 8 विषयों की जारी की गई मॉडल आंसर-की पर आपत्तिकी आज लास्ट डेट है। कैंडिडेट्स रात 12 बजे तक ऑनलाइन आपत्ति दर्ज करा सकते है। आयोग के मुख्य परीक्षा नियंत्रक आशुतोष गुप्ता ने बताया कि इन विषयों की परीक्षा का आयोजन 12 जनवरी 2026 को किया गया था।आपत्तियां आयोग की वेबसाईट पर उपलब्ध मॉडल प्रश्न पत्र के क्रमानुसार ही प्रविष्ट करें। बता दें कि आयोग की ये भर्ती 9 पदों के लिए थी, जिसमें अगद तंत्र, कायचिकित्सा, पंचकर्म, प्रसूति तंत्र एवं स्त्री रोग, शालाक्य तंत्र, कौमारभृत्य, संहिता (मौलिक सिद्धांत), स्वस्थवृत्त विषय शामिल थे। मॉडल प्रश्न-पत्र और आपत्ति दर्ज करने की प्रक्रिया फीस और पेमेंट की प्रोसेस यहां करें कॉन्टेक्ट ऑनलाइन आपत्ति दर्ज करने में किसी प्रकार की तकनीकी कठिनाई होने पर अभ्यर्थी recruitmenthelpdesk@rajasthan.gov.in पर ईमेल से अथवा फोन नम्बर 9352323625 व 7340557555 पर संपर्क कर सकते हैं।
रायसेन जिले में सिलवानी-भोपाल मार्ग पर सोमवार सुबह ग्राम जमुनिया के पास एक सड़क हादसा हो गया। एक वाहन ने बाइक सवार दो युवकों को टक्कर मार दी, जिससे एक युवक की मौके पर ही मौत हो गई और दूसरा गंभीर रूप से घायल हो गया। मृतक की पहचान आमापानी कॉलोनी के वार्ड 1 निवासी 20 वर्षीय जितेंद्र लोधी के रूप में हुई है। हादसे में गंभीर रूप से घायल हुए रोहित आदिवासी को प्राथमिक उपचार के बाद भोपाल रेफर किया गया है, जहां उनका इलाज चल रहा है। जानकारी के अनुसार, दोनों युवक देर रात सिलवानी से सीहोर की ओर जा रहे थे। ग्राम जमुनिया के पास एक अज्ञात वाहन ने उनकी बाइक को जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी तेज थी कि जितेंद्र लोधी की घटनास्थल पर ही मौत हो गई। हादसे की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजकर मर्ग कायम कर लिया है और मामले की जांच शुरू कर दी है। टक्कर मारने के बाद अज्ञात वाहन चालक अपने वाहन सहित मौके से फरार हो गया। पुलिस आसपास के सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही है और अज्ञात वाहन ड्राइवर के खिलाफ प्रकरण दर्ज कर उसकी तलाश कर रही है।
महाराष्ट्र विधानसभा का बजट सत्र सोमवार से शुरू हो रहा है। राज्य के इतिहास में पहली बार होगा, जब विधानसभा और परिषद दोनों में ही नेता प्रतिपक्ष नहीं होगा। शिवसेना (यूबीटी) विधायक भास्कर जाधव ने दावा किया कि पहले सिंगल डिजिट विधायकों वाली पार्टियों को भी यह पद मिला है। जबकि उनकी पार्टी के 20 विधायक होने के बावजूद पद नहीं दिया गया। यह खाली जगह 2024 के विधानसभा चुनावों के बाद से ही खाली है, जिसमें किसी भी विपक्षी पार्टी ने LoP की मान्यता के लिए जरूरी 10% संख्या को पार नहीं किया था। उधर, 2026-27 फाइनेंशियल ईयर के लिए राज्य का बजट CM देवेंद्र फडणवीस 6 मार्च को पेश करेंगे। पहले इसे अजित पवार करने वाले थे, लेकिन बारामती में 28 जनवरी को हुए विमान हादसे में उनका निधन हो गया। बजट सेशन से पहले फडणवीस ने कहा- असेंबली का सेशन कल से शुरू हो रहा है। मैं बजट पेश करूंगा। अजित पवार ने बजट पेश करने की पूरी तैयारी कर ली थी। यह सुनेत्रा पवार के लिए एक नया अनुभव होगा, मुझे पूरा भरोसा है कि वह अजित दादा की तरह ही अपना रोल निभाएंगी। विपक्ष बोला- बिना नेता प्रतिपक्ष के सदन चलाना लोकतंत्र के लिए खतरा विपक्षी महा विकास अघाड़ी (MVA) ने इस घटनाक्रम को लोकतांत्रिक नियमों के लिए खतरा बताया है, और तर्क दिया है कि दोनों सदनों में LoP की गैरमौजूदगी ऐसे समय में संस्थागत जांच और संतुलन को कमजोर करती है जब सत्ताधारी BJP के नेतृत्व वाली महायुति के पास भारी बहुमत है। शिवसेना (UBT) के MP संजय राउत ने रविवार को LoP पोस्ट न दिए जाने को लोकतंत्र पर धब्बा बताया और दावा किया कि सरकार को जवाबदेह ठहराने की विपक्ष की संवैधानिक भूमिका को कमजोर किया जा रहा है।
गोरखपुर में नगर निगम के अपर नगर आयुक्त अतुल कुमार की कार का रविवार को एक्सीडेंट हो गया। बताया जा रहा है कि रास्ते में दो सांड आपस में लड़ रहे थे। उन्हें बचाने के चक्कर में कार डिवाडर से टकरा गई। सीट बेल्ट लगाने और एयर बैग खुलने के कारण ड्राइवर और अपर नगर आयुक्त हादसे में बाल-बाल बच गए। ड्राइवर और अपर नगर आयुक्त पूरी तरह से सुरक्षित हैं। हादसा रविवार को शेर सिंह ढाबा के पास हुआ। यहां पढ़ें पूरी खबर सहारनपुर में जंगल में मिली महिला की लाश, पशुओं के चारा लाने गई थी सहारनपुर में एक महिला की लाश जंगल में मिली है। वह रविवार को जंगल में पशुओं के लिए चारा लाने गई थी। रात तक वापस नहीं लौटी तो परिजन ने तलाश शुरू की। घर से करीब एक किलोमीटर दूर तक उसकी डेडबॉडी मिली। सूचना मिलने पर पुलिस ने मौके पर पहुंची। शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया है। घटना थाना बेहट क्षेत्र के पूजने में हुई है। यहां पढ़ें पूरी खबर
फर्रुखाबाद में 49 किमी गंगा तटबंध बनेगा:465 करोड़ की लागत, किसानों से ली जा रही सहमति
फर्रुखाबाद में 465 करोड़ रुपये की लागत से 49 किलोमीटर लंबा गंगा तटबंध बनाया जाएगा। इस परियोजना से 90 राजस्व गांवों की लगभग डेढ़ लाख आबादी को हर साल आने वाली बाढ़ से राहत मिलेगी। इसके लिए भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। जिले में गंगा की कुल लंबाई लगभग 80 किलोमीटर है। हर साल जुलाई और अगस्त में गंगा का जलस्तर बढ़ने से फसलें नष्ट हो जाती हैं और कई गांव बाढ़ के पानी से घिर जाते हैं। कटान के कारण भी ग्रामीणों को लाखों रुपये का नुकसान उठाना पड़ता है। लंबे समय से विभिन्न संगठन बाढ़ से बचाव के लिए गंगा तटबंध के निर्माण की मांग कर रहे थे। ग्रामीणों को बाढ़ की विभीषिका से बचाने के लिए सिंचाई विभाग ने 465 करोड़ रुपये की लागत से 49 किलोमीटर गंगा तटबंध बनाने का प्रस्ताव भेजा था। इस प्रस्ताव को शासन से हरी झंडी मिलने की उम्मीद है, जिससे हर वर्ष बाढ़ झेलने वाले 90 राजस्व गांवों की करीब डेढ़ लाख आबादी को राहत मिलेगी। सिंचाई विभाग के सर्वेक्षण के अनुसार, तटबंध का 22 किलोमीटर हिस्सा अमृतपुर क्षेत्र में और शेष 27 किलोमीटर शमसाबाद ब्लॉक क्षेत्र में बनाया जाएगा। जिले में गंगा की कुल लंबाई 80 किलोमीटर होने के कारण पिछली बैठकों में तटबंध की लंबाई बढ़ाने का मुद्दा भी उठाया गया था। तटबंध निर्माण में सरकारी भूमि के साथ-साथ यदि किसानों की निजी भूमि आती है, तो उसे भी अधिग्रहीत किया जाएगा। शासन से प्राप्त निर्देशों के अनुसार, किसानों से सहमति ली जा रही है। अधिशासी अभियंता सिंचाई, दुर्ण कुमार ने बताया कि तटबंध निर्माण के लिए किसानों से सहमति पत्र लिए जा रहे हैं, जिन्हें शासन को भेजा जाएगा। इसके बाद ही शासन से धनराशि आवंटित होगी, टेंडर प्रक्रिया पूरी होगी और कार्यदायी संस्था का चयन कर निर्माण कार्य शुरू किया जाएगा।
बूंदी के लाखेरी रेलवे स्टेशन के प्लेटफॉर्म नंबर 3 पर सुविधाओं की कमी से यात्री परेशान हैं। हाल ही में हुए नए निर्माण के बावजूद, प्लेटफॉर्म पर शौचालय जैसी मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध नहीं हैं, जिससे विशेषकर महिला यात्रियों को भारी असुविधा हो रही है। कोटा मंडल के लाखेरी स्टेशन के प्लेटफॉर्म नंबर 3 पर शौचालय और बाथरूम नहीं होने से यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। यात्रियों को शौच के लिए ओवरब्रिज पार कर बुकिंग ऑफिस तक जाना पड़ता है या मजबूरन पटरियां पार करके दूसरे प्लेटफॉर्म पर जाना पड़ता है, जिससे दुर्घटना का खतरा बढ़ जाता है। छाया और पानी की भी कोई व्यवस्था नहींप्लेटफॉर्म नंबर 3 का हाल ही में नया निर्माण कार्य पूरा हुआ है, जिसमें इसकी लंबाई और ऊंचाई बढ़ाई गई है। हालांकि, इस निर्माण के दौरान यात्रियों की आवश्यक सुविधाओं, जैसे शौचालय, पेयजल और बैठने की उचित व्यवस्था का ध्यान नहीं रखा गया। प्लेटफॉर्म के आगे और पीछे के हिस्सों में यात्रियों के लिए छाया और पानी की भी कोई व्यवस्था नहीं है। केवल प्लेटफॉर्म नंबर 3 ही नहीं, बल्कि प्लेटफॉर्म नंबर 1 और 2 पर भी केवल एक ही पुराना शौचालय-बाथरूम उपलब्ध है। सुविधाओं की इस कमी को लेकर यात्रियों में गहरा रोष व्याप्त है और वे रेलवे प्रशासन से तत्काल समाधान की मांग कर रहे हैं। महिला यात्रियों को होती है खासा परेशानी खासकर प्लेटफॉर्म नम्बर 3 पर बुजर्ग वह गर्भवती महिलाओं को काफी परेशानी का सामना करना पड़ता है। ट्रेन लेट होने की स्थिति में यह महिलाएं बाथरूम के लिए परेशान देखी जाती है। स्टेशन अधीक्षक विजय राम मीणा ने बताया कि लाखेरी प्लेटफॉर्म का मामला पिछले कई दिनों से जानकारी में है। इसके लिए अधिकारियों को अवगत करवा चुके है। जल्द इसका समाधान रेलवे द्वारा किया जाएगा।
रायबरेली के हरदासपुर ग्राम सभा, थाना मिल एरिया क्षेत्र में उस समय हड़कंप मच गया जब गांव के एक खेत में एक अज्ञात नवजात शिशु मिला। शिशु को देखकर ग्रामीणों ने तत्काल 108 एंबुलेंस सेवा को सूचना दी। सूचना मिलते ही 108 एंबुलेंस (UP32FG1698) तुरंत घटनास्थल पर पहुंची। एंबुलेंस के ईएमटी मनोज कुमार विश्वकर्मा ने मौके पर पहुंचकर नवजात का रेस्क्यू किया और उसे एंबुलेंस में शिफ्ट किया। उच्चस्तरीय डॉक्टर की सलाह पर अंबुबैग के माध्यम से ऑक्सीजन और अन्य प्राथमिक उपचार देते हुए शिशु को तत्काल जिला महिला अस्पताल रायबरेली में भर्ती कराया गया। डॉक्टरों की निगरानी में उपचार के बाद नवजात की हालत अब स्थिर बताई जा रही है। ग्रामीणों ने एंबुलेंस टीम की त्वरित कार्रवाई की सराहना की है, जिससे शिशु की जान बच सकी। घटना की जानकारी मिलने के बाद पुलिस भी घटनास्थल पर पहुंची और मामले की जांच शुरू कर दी है। पुलिस आसपास के लोगों से भी जानकारी जुटा रही है ताकि शिशु के माता-पिता और घटना के कारणों का पता चल सके।
छत्तीसगढ़ के बिलासपुर में कुछ युवक-युवती ने सड़क पर जन्मदिन का जश्न मनाया। इसके अलावा जमकर आतिशबाजी की गई। सेलिब्रेशन का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। हालांकि, पुलिस ने अभी इस मामले में कोई कार्रवाई नहीं की है। घटना सरकंडा-कोनी रोड की बताई जा रही है। जानकारी के मुताबिक, रविवार रात सड़क किनारे युवक-युवती ने बर्थडे सेलिब्रेशन किया। स्कूटी की सीट पर केक काटा गया। वीडियो में 2 युवती और 2 युवक बर्थडे सेलिब्रेट करते नजर आ रहे हैं। इससे पहले 16 फरवरी को सरगुजा और सूरजपुर जिले की सीमा पर कुछ युवकों ने सड़क जाम कर जन्मदिन मनाया था। उन्होंने अंबिकापुर-बनारस स्टेट हाईवे पर जमकर आतिशबाजी की। इस दौरान करीब 1 किलोमीटर लंबा जाम लगा रहा। बता दें कि छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट ने सड़कों पर बर्थडे सेलिब्रेशन, स्टंट और यातायात बाधित करने के मामलों में सख्ती बरतने के निर्देश दिए हैं। इसके बावजूद लगातार इस तरह के वीडियो सामने आ रहे हैं। देखिए सेलिब्रेशन की ये तस्वीरें… अब पढ़िए सिलसिलेवार पूरी कहानी जानकारी के मुताबिक, रविवार रात करीब 11 बजे युवक-युवती रतनपुर रोड स्थित ढाबे में खाना खाने निकले थे। इसी दौरान सरकंडा-कोनी रोड पर बाइक खड़ी कर सड़क पर ही केक काटने लगे। उनके साथ आए युवक सड़क पर आतिशबाजी करने लगे, जिससे यातायात प्रभावित हुआ। कार सवार लोगों ने सड़क पर चल रहे इस जश्न का वीडियो बना लिया। बाद में इसे सोशल मीडिया पर पोस्ट कर दिया गया। वीडियो में साफ दिख रहा है कि युवक-युवती सड़क पर केक काट रहे हैं और अन्य युवक बाइक खड़ी कर आतिशबाजी कर रहे हैं। पुलिस की सख्ती बेअसर SSP रजनेश सिंह पहले ही सड़क पर बर्थडे सेलिब्रेशन और स्टंटबाजी पर सख्ती दिखा चुके हैं। पुलिस अफसरों और थाना प्रभारियों को ऐसे मामलों में कड़ी कानूनी कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए हैं। पहले भी वायरल वीडियो के आधार पर जुर्माना और कानूनी कार्रवाई की गई है। इसके बावजूद कुछ युवाओं पर सख्ती का असर नहीं दिख रहा है। टबाजी और केक काटने पर हाईकोर्ट सख्त छत्तीसगढ़ में लगातार हाईवे पर बर्थडे सेलिब्रेशन के वीडियो वायरल हो रहे हैं। ऐसे ही एक मामले में हाईकोर्ट ने स्वत: संज्ञान लेकर सख्ती दिखाई थी। 3 महीने पहले हाईकोर्ट ने कहा था कि पुलिस की कार्रवाई केवल दिखावे के लिए नहीं होनी चाहिए। हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस रमेश सिन्हा और जस्टिस बीडी गुरु की डिवीजन बेंच ने कहा था कि पुलिस की कार्रवाई ऐसी होनी चाहिए, जिससे ऐसे अपराधियों को सबक मिले। कोर्ट ने सड़कों पर स्टंटबाजी के साथ ही बर्थ-डे सेलिब्रेशन पर राज्य सरकार से कहा कि नियमों और प्रावधानों का सख्ती से पालन करें। सभी जिलों में कड़ाई बरतने की कही थी बात 21 नवंबर 2025 को मामले की सुनवाई के दौरान मुख्य सचिव ने अपने शपथपत्र में बताया कि 25 अक्टूबर को मंत्रालय में आईजी कॉन्फ्रेंस रखी गई थी। इसमें प्रदेश भर के कलेक्टर और एसपी रैंक के अधिकारी शामिल हुए थे। इसमें सभी जिलों को कड़ाई बरतने कहा गया है। पीएचक्यू से भी इसके लिए आदेश जारी किए गए हैं। इस पर हाईकोर्ट ने कहा कि जिन गाड़ियों को जब्त किया गया था उन्हें बॉन्ड भरवाते हुए और शर्तों के साथ छोड़ा जा सकता है। एक साल में इस तरह की कोई और घटना होने पर जब्ती के साथ ही पेनल्टी लगानी होगी। हाईकोर्ट की चेतावनी- युवाओं को मिले सख्त सजा सुनवाई के दौरान हाईकोर्ट ने चेतावनी दी कि सार्वजनिक सड़कों पर स्टंटबाजी करने वाले युवाओं को कड़ी सजा मिलनी चाहिए, ताकि यह दूसरों के लिए सबक बने। पिछली सुनवाई में कोर्ट ने कहा था कि पुलिस का प्रकोप अक्सर केवल गरीब, मध्यम वर्ग और दलितों पर पड़ता है। कोर्ट ने कहा था कि संपन्न और बाहुबलियों के खिलाफ पुलिस नख-दंतहीन बाघ बन जाती हैं। ऐसे लोग मामूली जुर्माना भरकर आसानी से छोड़ दिए जाते हैं और उनके वाहन भी वापस कर दिए जाते हैं। …………………… इससे संबंधित यह खबर भी पढ़ें… बीच सड़क बर्थडे सेलिब्रेशन, आधे घंटे रुकी रही एंबुलेंस, VIDEO: अंबिकापुर-बनारस स्टेट हाईवे पर पटाखे फोड़े, केक काटा; दोनों ओर गाड़ियों की लाइन लगी छत्तीसगढ़ के सरगुजा और सूरजपुर जिले की सीमा पर कुछ युवकों ने सड़क जाम कर जन्मदिन का जश्न मनाया। 16 फरवरी की रात अंबिकापुर-बनारस स्टेट हाईवे पर उन्होंने जमकर आतिशबाजी की। इसके बाद कार की बोनट पर केक काटकर बर्थडे सेलिब्रेशन किया गया। इस दौरान करीब 1 किलोमीटर लंबा जाम लगा रहा। पढ़ें पूरी खबर...
महाकाल की नगरी उज्जैन की तीन युवा छात्राओं ने सूक्ष्म कला (माइक्रो आर्ट) में अद्भुत उपलब्धि हासिल कर शहर का नाम रोशन किया है। मसूर की दाल, इलायची और 5 सेंटीमीटर के शंख जैसी छोटी वस्तुओं पर देवी-देवताओं की बारीक आकृतियां उकेरकर इन छात्राओं ने विभिन्न वर्ल्ड रिकॉर्ड बुक्स में अपना नाम दर्ज कराया है। तीनों छात्राएं उज्जैन के एक निजी फाइन आर्ट्स कॉलेज में अध्ययनरत हैं। इलायची पर उकेरे भगवान गौतम बुद्ध 19 वर्षीय अपेक्षा गोखरू फाइन आर्ट्स प्रथम वर्ष की छात्रा हैं। उन्होंने एक छोटी इलायची पर पोस्टर कलर से गौतम बुद्ध की अत्यंत सूक्ष्म आकृति बनाई। इसी माह तैयार की गई इस कलाकृति को सूक्ष्म कला श्रेणी में वर्ल्ड वाइड बुक में स्थान मिला। उन्हें चयन की सूचना प्राप्त हो गई। 5 सेंटीमीटर के शंख पर अष्टविनायक 20 वर्षीय राशि निगम ने मात्र 5 सेंटीमीटर के छोटे से शंख पर एक्रेलिक रंगों से भगवान गणेश के अष्टविनायक स्वरूप को उकेरा। खास बात यह रही कि उन्होंने यह आकृति केवल 30 मिनट में तैयार कर दी। उनकी इस रचना को “सबसे छोटी आकृति” श्रेणी में सराहा गया। राशि का नाम वर्ल्ड वाइड बुक, इंटरनेशनल बुक ऑफ रिकॉर्ड, इंडिया बुक ऑफ रिकॉर्ड और यूनिक बुक ऑफ रिकॉर्ड में दर्ज किया गया। जनवरी में बनाई गई इस कलाकृति के लिए उन्हें ईमेल से चयन की सूचना मिली तथा प्रमाण-पत्र और मेडल प्रदान किया गया। राशि ने अपनी सफलता का श्रेय अपने शिक्षकों और परिवार के सहयोग को दिया। मसूर की दाल पर जगन्नाथ त्रिमूर्ति तीसरी प्रतिभाशाली छात्रा भूमि कसेरा ने मसूर की दाल के तीन अलग-अलग दानों पर भगवान जगन्नाथ, सुभद्रा और बलराम की सूक्ष्म आकृतियां उकेरीं। लगभग 10 मिनट में तैयार की गई इन बारीक कलाकृतियों ने उन्हें वर्ल्डवाइड बुक ऑफ रिकॉर्ड्स में स्थान दिलाया। इन छात्राओं की उपलब्धि से न केवल उनके परिवार और शिक्षकों में खुशी का माहौल है, बल्कि उज्जैन शहर भी गौरवान्वित महसूस कर रहा है। सूक्ष्म कला के क्षेत्र में इनकी सफलता अन्य युवाओं के लिए प्रेरणा बन रही है।
महाराजगंज में टक्कर के बाद कार पलटी:तिलक समारोह से लौटते समय हादसा, 7 लोगों को शीशा तोड़कर निकाला गया
महाराजगंज जिले के घुघली थाना क्षेत्र में रविवार देर रात एक सड़क हादसा हो गया। पुरैना खंडी मुख्य चौराहे पर दो कारों की टक्कर के बाद एक कार पलट गई। हादसे में कार में सवार सभी सात लोग सुरक्षित बच गए। जानकारी के अनुसार, निचलौल की ओर से गोरखपुर जा रही एक तेज रफ्तार अल्टो कार (UP57BS1523) पुरैना खंडी चौराहे पर पहुंची। उसी समय घुघली से शिकारपुर की ओर जा रही एक मारुति जेन (UP53EP4917) अचानक सामने आ गई। अल्टो चालक ने अचानक ब्रेक लगाया, जिससे संतुलन बिगड़ गया। कार मारुति जेन से टकराकर पलट गई और उसके चारों पहिए ऊपर हो गए। हादसे के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई। स्थानीय लोगों ने तुरंत पुलिस को सूचना दी और कार का शीशा तोड़कर अंदर फंसे लोगों को सुरक्षित बाहर निकाला। सूचना मिलने पर थाना प्रभारी कुंवर गौरव सिंह पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे और दुर्घटनाग्रस्त वाहनों को कब्जे में लेकर थाने भिजवाया। कार में सवार सभी लोग निचलौल से अपने भांजे के तिलक समारोह से लौटकर गोरखपुर के मोतीराम अड्डा क्षेत्र जा रहे थे। कार सवारों की पहचान मोतीराम अड्डा निवासी सत्यम, आयुष, बृजेश, राधेश्याम, गुड्डू, रितेश और छोटू के रूप में हुई है। हादसे में किसी को गंभीर बाहरी चोट नहीं आई है। हालांकि, आंतरिक चोट की आशंका को देखते हुए पुलिस ने सभी से पूछताछ की और आवश्यक कार्रवाई की। थाना प्रभारी कुंवर गौरव सिंह ने बताया कि दुर्घटनाग्रस्त वाहन को कब्जे में लेकर जांच पड़ताल की जा रही है।
फिल्म एक्टर विजय देवरकोंडा और रश्मिका मंदाना 26 फरवरी को शादी करने जा रहे है। शादी से 3 दिन पहले दोनों सोमवार को उदयपुर एयरपोर्ट पहुंचे। जहां से सीधे वे होटल के लिए रवाना हो गए। उदयपुर-नाथद्वारा हाईवे पर कैलाशपुरी में आईटीसी मोमेंटोज होटल में शादी होगी। सभी मेहमान 24 फरवरी को होटल में चेक-इन करेंगे। सभी के लिए बुकिंग 24-25-26 फरवरी के लिए हुई। इस शादी में 230 गेस्ट शमिल होंगे। इस होटल में कुल 117 कमरे हैं। इस शादी का एक कार्ड भी वायरल हुआ था। उदयपुर में होने वाली शादी के बाद कपल 3-4 मार्च को हैदराबाद में रिसेप्शन देंगे, जिसमें फिल्म इंडस्ट्री की कई हस्तियां शामिल होने वाली हैं। इससे पहले कपल को रविवार को हैदराबाद एयरपोर्ट से रवाना होते हुए स्पॉट किया गया। हैदराबाद एयरपोर्ट पर रश्मिका मंदाना टीका लगाई दिखीं। हालांकि इस दौरान उन्होंने मास्क से चेहरा कवर किया हुआ था। उन्होंने कूल हाफ स्लीव्स टी-शर्ट के साथ ब्लैक लोवर और ब्लैक शूज पहने हुए थे। इसके साथ ही एक्ट्रेस ने डार्क ग्लासेस भी पहने थे। विजय देवरकोंडा को ठीक उसी समय हैदराबाद एयरपोर्ट पर स्पॉट किया गया। एयरपोर्ट पर विजय ने भी डार्क ग्लासेस और मास्क से चेहरा छिपाया हुआ था। रश्मिका मंदाना ने कन्फर्म की शादी!मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक रश्मिका-विजय की शादी की कन्फर्मेशन दी है। रिपोर्ट के अनुसार,रश्मिका मंदाना को ऑनलाइन मैसेज के जरिए मुबारकबाद दी थी। इस पर एक्ट्रेस ने इनकार करने की बजाए शुक्रिया कहा, जिससे कन्फर्म है कि एक्ट्रेस शादी करने वाली हैं। दिल्ली का बैंड हुआ हायर, वेडिंग प्लानर हैदराबाद सेमीडिया रिपोर्ट में सूत्र के हवाले से लिखा गया है कि रश्मिका-विजय ने शादी के लिए दिल्ली का एक पॉपुलर बैंड हायर किया है, जो इससे पहले कई सेलिब्रिटी वेडिंग में परफॉर्म कर चुका है। इसके अलावा वेडिंग प्लानर हैदराबाद से हायर हुआ है, जो एक मशहूर टेनिस प्लेयर की शादी भी प्लान कर चुके हैं। इसी रिपोर्ट के अनुसार, विजय-रश्मिका की शादी के लिए आईटीसी मोमेंटोज होटल बुक किया गया है। सभी मेहमान 24 फरवरी को होटल में चेक-इन करेंगे। ये बुकिंग 24-25-26 फरवरी के लिए हुई है। शादी में आने वाले सभी 230 गेस्ट इसी होटल में रहेंगे, जिसमें कुल 117 कमरे हैं। इससे पहले विजय देवरकोंडा के हैदराबाद स्थित घर को भी लाइट्स से सजाया गया था। इसका एक वीडियो भी सामने आया है। दावा किया जा रहा है कि घर को शादी के लिए डेकोरेट किया गया है। हाल ही में सोशल मीडिया पर एक कार्ड वायरल हुआ, जिस पर विजय देवरकोंडा का नाम लिखा था। कार्ड में लिखा गया है, परिवार के आशीर्वाद से रश्मिका और विजय 26.02.26 को एक छोटे और निजी समारोह में शादी करेंगे। वे अपनी नई जिंदगी की शुरुआत अपनों के साथ करना चाहते हैं और उनका आशीर्वाद उनके लिए बहुत मायने रखता है। रिपोर्ट्स के अनुसार, उदयपुर में होने वाली शादी के बाद कपल 3-4 मार्च को हैदराबाद में रिसेप्शन देंगे, जिसमें फिल्म इंडस्ट्री की कई हस्तियां शामिल होने वाली हैं। यह रिसेप्शन हैदराबाद या बंजारा हिल्स के किसी प्रीमियम स्थल पर होने की चर्चा है। मीडिया की रिपोर्ट के अनुसार, विजय-रश्मिका एक प्राइवेट सेरेमनी में शादी के बंधन में बंधेंगे, जिसमें महज परिवार के लोग और कुछ करीबी ही शामिल होंगे। शादी में नो फोन पॉलिसी होगी, जिससे इनसाइड तस्वीरें लीक न हों। इसके अलावा शादी के लिए बड़ी सिक्योरिटी एजेंसी हायर किए जाने की भी खबर है। अक्टूबर में हुई विजय-रश्मिका की सगाईविजय देवरकोंडा और रश्मिका मंदाना ने 3 अक्टूबर को हैदराबाद में सगाई की है। ये एक प्राइवेट सेरेमनी थी, जिसमें कपल के परिवार के चंद लोग ही शामिल हुए थे। इसके बाद रश्मिका को कई मौकों पर एंगेजमेंट रिंग के साथ स्पॉट किया गया था, हालांकि कपल ने अब तक सगाई की ऑफिशियल अनाउंसमेंट नहीं की है।
बालाघाट में सोमवार को मौसम ने अचानक करवट ली। आसमान में घने बादल छा गए और ठंडी हवाएं चलने लगीं। इससे फरवरी की शुरुआत से बढ़ रहा तापमान कम हो गया है। कृषि विज्ञान केंद्र के मौसम वैज्ञानिक धर्मेंद्र अगासे ने बताया कि बंगाल की खाड़ी में बने चक्रवात के कारण यह मौसमी बदलाव देखा जा रहा है। फरवरी की शुरुआत से दिन में गर्मी और रात में हल्की ठंड महसूस की जा रही थी, लेकिन सोमवार को दिन का तापमान भी ठंडा हो गया। लो-प्रेशर से बढ़ी बादल और बारिश संभावना सैटेलाइट इमेज के अनुसार, पूर्वी मध्य प्रदेश में हल्के बादल और हल्की बारिश देखी जा रही है। विशेष रूप से महाराष्ट्र के गोंदिया से सटे बालाघाट के लांजी, किरनापुर और खैरलांजी क्षेत्रों में हल्की बारिश की संभावना है। अगासे ने बताया कि पिछले दिनों की गर्मी के कारण बना कम दबाव का क्षेत्र (लो-प्रेशर) बादलों और बारिश की संभावना को बढ़ा रहा है। मौसम गेहूं और धान की फसलों के लिए फायदेमंद मौसम वैज्ञानिक के अनुसार, यह बदलाव 26 फरवरी को अपेक्षित था, लेकिन उच्च दबाव से कम दबाव की ओर हवाओं की गति के कारण तीन दिन पहले ही मौसम में परिवर्तन आ गया। यदि बारिश होती है, तो यह अलसी और सरसों को छोड़कर खेतों में लगी गेहूं और धान की फसलों के लिए फायदेमंद साबित हो सकती है।
मुरादाबाद पहुंचे सीनियर कांग्रेस लीडर राशिद अल्वी ने केंद्र सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी बताएं कि उन्होंने क्या विकास किया है। केंद्रीय मंत्री किरन रिजीजू के बयान पर पलटवार करते हुए अल्वी ने कहा- किरन रिजिजू राहुल गांधी को देश के लिए खतरा बता रहे हैं। अगर राहुल गांधी देश के लिए खतरनाक हैं तो उनको गिरफ्तार क्यों नहीं करते? कांग्रेस नेता ने शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद पर दर्ज FIR को भी वापस लेने की मांग की है। अल्वी बोले- आप सरकार में हैं, देश की हुकूमत आपके पास है। अगर आपको लगता है कि कोई आदमी देश के लिए खतरनाक है तो आप उसे जेल में डालिए। लेकिन इनकी हिम्मत नहीं है कार्रवाई करने की। क्योंकि ये सरकार इस तरह के बयान देश के लोगों को गुमराह करने के लिए देती है। वास्तव में राहुल गांधी देश के लिए खतरा नहीं हैं बल्कि वर्तमान की नरेंद्र मोदी सरकार देश के लिए खतरा है।अल्वी ने आगे कहा, मैं बड़े अदब से अपने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से कहूंगा आपका यह जो बयान है। क्या आप विकास की बात कर रहे हैं। आप कह रहे हैं जो विपक्ष की पार्टी है वो विकास की बात नहीं करती। आप तो खुद क्रिटिसाइज कर रहे विपक्ष को। आप कहां विकास की बात कर रहे हैं। विकास की बात तो आपको करनी चाहिए सरकार में आप हैं। आप बताए आपने क्या विकास किया है।अल्वी बोले- कांग्रेस सरकार में नहीं है। बसपा और सपा भी सरकार में नहीं हैं। उनके हाथों में सत्ता नहीं है। आपके हाथों में ताकत है। आप विकास करेंगे। ये आपकी जिम्मेदारी है। इससे पता चलता है कि आपने देश के अंदर कोई विकास नहीं किया सिर्फ विपक्ष को क्रिटिसाइज करते हैं। कांग्रेस के द्वारा एआई सममिट के दौरान किए गए प्रदर्शन पर अल्वी ने कहा -देखिए कांग्रेस पार्टी हमेशा कहती है कि जो ट्रेड डील हुई है वो देश के हित में नहीं है किसानों के हित में नहीं है किसानों के खिलाफ है इसलिए एआई सम्मिट में यह प्रदर्शन किया गया था।
औरैया में जिलाधिकारी डॉ. इंद्रमणि त्रिपाठी ने कलेक्ट्रेट स्थित कार्यालय कक्ष में प्रधानमंत्री विकसित भारत रोजगार योजना (PM-VBRY) की समीक्षा की। उन्होंने जिले में हुए पंजीकरण का जायजा लिया और शेष नियोक्ताओं को जल्द से जल्द पंजीकरण कराने के निर्देश दिए। इस योजना के तहत कर्मचारी और नियोक्ता दोनों को भारत सरकार की ओर से डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर (DBT) के माध्यम से लाभ प्रदान किया जाएगा। कर्मचारियों को एक माह का वेतन मिलेगा, जबकि नियोक्ताओं को प्रति नए कर्मचारी के लिए प्रोत्साहन राशि दी जाएगी। योजना का विस्तृत विवरण https://pmvbry.labour.gov.in पर उपलब्ध है। जिलाधिकारी ने उन नियोजकों को तत्काल नोटिस जारी करने के निर्देश दिए जो भविष्य निधि (PF) अंशदान नहीं कर रहे हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि यदि निर्देशों का पालन नहीं किया गया, तो ईपीएफओ (कर्मचारी भविष्य निधि संगठन) विभाग द्वारा संबंधित नियोजकों के खिलाफ नियमानुसार कड़ी कार्रवाई की जाएगी। बैठक में योजना के वित्तीय लाभों की जानकारी देते हुए बताया गया कि सामान्य नियोजकों को आगामी 24 माह तक और विनिर्माण (मैन्युफैक्चरिंग) क्षेत्र के नियोजकों को 48 माह तक ₹1,000 से ₹3,000 प्रतिमाह तक की प्रोत्साहन राशि प्रदान की जाएगी। श्रमिकों के लिए, पात्र कर्मचारियों को 6 माह की सदस्यता पूरी करने पर दो किस्तों में कुल ₹15,000 की प्रोत्साहन राशि सीधे उनके खाते में दी जाएगी। जिलाधिकारी ने सभी नियोजकों को तत्काल पंजीकरण सुनिश्चित करने का निर्देश दिया और कहा कि शासन की मंशा के अनुरूप योजना का लाभ अंतिम पात्र व्यक्ति तक पहुंचना चाहिए। इसके लिए व्यापक प्रचार-प्रसार सुनिश्चित किया जाए। बैठक में मुख्य विकास अधिकारी संत कुमार, क्षेत्रीय भविष्य निधि आयुक्त प्रतीश सिंह, पीएफ प्रवर्तन अधिकारी सतीश गुप्ता, श्रम प्रवर्तन अधिकारी रीमा सिंह और श्रम प्रवर्तन अधिकारी प्रदीप कुमार सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे।
पंजाब राज्य महिला आयोग की चेयरपर्शन राजलाली गिल ने लुधियाना में पीड़ित महिलाओं की शिकायतें सुनी। लुधियाना के ढंडारी की एक महिला ने चेयरपर्शन के सामने कहा कि वो आरोपी की दुकान पर गई। उसने शटर डाउन किया और फिर जबरदस्ती की। मोबाइल में जो आरोपी के खिलाफ सबूत थे उसने सारे सबूत डिलीट कर दिए। इसकी वजह से मेरा घर टूट गया और मेरा पति मुझे डायवोर्स दे रहा है। पुलिस मुझे कंप्रोमाइज करने को कह रही है। यह सुनते ही चेयरपर्शन का गुस्सा सातवें आसमान पर चढ़ गया। चेयरपर्शन राजलाली गिल ने जवाब देने आए पुलिस कर्मी से केस की स्टेटस रिपोर्ट तलब की तो उसने कहा है नहीं जांच अफसर हाईकोर्ट गया है। जिस पर राजलाली गिल ने उसे कह दिया कि स्टेटस रिपोर्ट लाए नहीं तो क्या करने आए हो निकल जाओ यहां से। ऐसे ही अन्य कई केसों में चेयरपर्शन ने लुधियाना पुलिस को जमकर लताड़ा। चेयरपर्शन ने केसों की सुनवाई के कुछ अंश किए शेयर प्रशासन, पुलिस व आयोग ने केसों की सुनवाई के दौरान मीडिया की एंट्री नहीं रखी ताकि महिलाओं की गोपनीयता को बनाए रखा जा सके। अब चेयरपर्शन राजलाली गिल ने केसों की सुनवाई के कुछ अंश सोशल मीडिया पर अपलोड किए हैं और संदेश देने की कोशिश की है कि महिलाएं अपनी समस्याओं को लेकर चुप न बैठें। आयोग को शिकायत मिली तो आरोपी व जांच अफसर किए थे तलब महिला आयोग को जो जो शिकायतें पूर्व में मिली थी तो उन्होंने शिकायतकर्ता, आरोपी और जांच अधिकारियों को कार्रवाई रिपोर्ट के साथ तलब किया था। उन्हीं में से फोकल प्वाइंट थाने के अधीन आने वाली पुलिस चौकी ढंडारी से संबंधित एक केस की सुनवाई की जिसे उन्होंने सोशल मीडिया पर अपलोड किया। जांच अफसर नहीं पहुंचे तो उसके प्रतिनिधि को भगा दिया सुनवाई के दौरान जांच अधिकारी खुद नहीं गया और उसने अपनी जगह किसी और काे भेज दिया। चेयरपर्शन ने जब उससे स्टेटस रिपोर्ट मांगी तो उसने कहा कि नहीं है। जिस पर चेयपर्शन ने उस पुलिस कर्मी को बाहर भगा दिया और पुलिस अधिकारियों को इस मामले की जांच खुद करने को कह दिया। केस की सुनवाई के दौरान क्या-क्या सवाल जवाब हुए, पढ़िए .. चेयरपर्शन: हस्बैंड वाइफ हो। महिला: नहीं। चेयरपर्शन: लिव इन रिलेशन में रहती हो। महिला: नहीं चेयपरपर्शन: अब बताओ क्या हुआ? महिला: मेरे को फोर्स कर रहा है हमेशा ब्लैक मेर कर रहा है। इसकी मोबाइल रिपेयर की शॉप हैं। मैं कई बार इसके पास रिचार्ज व मम्मी की पैंशन के लिए जाती थी। चेयपरपर्शन: प्रॉब्लम बताओ महिला: इसकी वजह से मेरा घर टूट गया, मेरा पति मेरे से अलग हो गया। चेयपरपर्शन: आप पहले से शादीशुदा थे, इसके साथ रिलेशन बनाए क्यों? महिला: नहीं मैंने नहीं बनाए। चेयपरपर्शन: फिर क्या हुआ? चेयपरपर्शन: इसने मेरे साथ जबरदस्ती की जब में हीटर लेने इसकी दुकान पर गई थी। युवक: मेरे पास सभी प्रूफ हैं ऑडियो रिकार्डिंग है। ये खुद आती थी। महिला: ये जो मर्जी प्रूफ दे दे मुझे कोई डर नहीं है। चेयरपर्शन: स्टेटस रिपोर्ट क्या है? स्टेटस रिपोर्ट कहां है? पुलिस कर्मी: स्टेटस रिपोर्ट नहीं है। महिला: बहुत हिम्मत करके आई हूं। चेयरपर्शन: आईओ ने कह दिया कि तू जा, न स्टेटस रिपोर्ट न कुछ। स्टेटस रिपोर्ट मुझे मंगवाकर दो। तुम्हारे पास न स्टेटस रिपोर्ट न कुछ तो यहां क्या करने आए हो। तुमने कहना था कि मैं नहीं जाऊंगा वहां। महिला: बोल रहे हैं मैडम कंप्रोमाइज कर दो। मैं कैसे कंप्रोमाइज करूं मैडम मेरे बच्चे की स्टडी खराब हो गई। चेयरपर्शन: कोई कंप्रोमाइज नहीं होगा। महिला: मेरा हस्बैंड बोल रहा है कि तेरे साथ नहीं रहूंगा डायवोर्स दे दूंगा। इसकी वजह से मेरा घर टूट गया। चेयरपर्शन: आप गए क्यों इसके पास? क्यों गए थे? महिला: मैंने हीटर रिपेयर करने के लिए दिया था। इसने कहा कि इस शॉप पर नहीं है मैडम दूसरी शाॅप पर आ जाओ। जब मैं वहां गई तो इसने शटर बंद कर दिया। वहां सीसीटीवी कैमरे भी लगे हैं उनका रिकार्ड निकलवा दो। मेरा मोबाइल रिसेट मरवा दिया बंदे बुलाकर। चेयरपर्शन: शटर डाउन करके इसके साथ गलत किया जो लड़की कह रही है। फैक्ट ले लो और जांच करो। लेटर लिखो कि जांच अफसर नहीं आया। उसने कहा कि वो हाईकोर्ट में है और उसने स्टेटस रिपोर्ट भी नहीं भेजी। लेटर लिखो और तलब करो। तुम करने क्या आए हो चलो वापस। महिला: मैं टाॅर्चर हो गई हूं मैडम जीने का मन नहीं कर रहा। चेयरपर्शन: कोई बात नहीं दोबारा करते हैं इस केस को। --------- मेरे पापा ने मुझे गली में पीटा, धंधे वाली कहा एक केस की सुनवाई के दौरान एक युवती ने चेयरपर्शन से कहा कि उसे उसके पिता ने गली में पीटा और उसे धंधे वाली कहा। जब उसने इस मामले की शिकायत पुलिस को दी तो कोई कार्रवाई नहीं हुई। वो एडीसीपी के पास पेश हुई वो भी बात इधर-उधर करते रहे। बाद में एसीपी के पास भेजा। एसीपी को शिकायत देने पहुंची तो वहां बहुत से लोग बैठे थे। मैंने कहा कि मैं सबके सामने अपनी शिकायत नहीं बता सकती क्योंकि मैं कंफर्ट फील नहीं कर रही थी। एसीपी ने भी मुझे वहां से जाने को कह दिया। उसके बाद मैंने नवंबर में आयोग को शिकायत दी। गुस्साई चेयपर्शन ने एसीपी को कह दिया कि इस मामले की जांच रिपोर्ट 10 दिन के अंदर दें नहीं तो कार्रवाई के लिए तैयार रहें। उन्होंने कहा कि महिलाओं की शिकायतों पर देरी हुई तो सख्त कार्रवाई की जाएगी।
जयपुर में चर्चित अमायरा मौत मामले में पुलिस जल्द ही कोर्ट में चार्जशीट दाखिल करने की तैयारी में है, जिसमें नीरजा मोदी स्कूल प्रबंधन और संबंधित पक्षों की भूमिका को लेकर विस्तार से आरोप तय किए गए हैं। नीरजा मोदी स्कूल के खिलाफ तैयार किए आरोप-पत्र को जल्द ही कोर्ट में पेश किया जाएगा। कोर्ट में चार्जशीट दाखिल होने से पहले ही उससे जुड़े कथित स्क्रीनशॉट वायरल कर आरोपी बनाए लोगों के नाम भी उजागर किए गए है। पुलिस ने आधिकारिक रूप से नाम उजागर नहीं किए थे, लेकिन कथित लीक ने जांच प्रक्रिया की गोपनीयता और प्रशासनिक जवाबदेही पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। दरअसल, 1 नवंबर को 4 क्लास की स्टूडेंट अमायरा (9) की स्कूल की चौथी मंजिल से गिरकर मौत हो गई थी। परिजनों ने स्कूल प्रशासन की लापरवाही का आरोप लगाते हुए मामला दर्ज कराया था। करीब 4 महीने चली जांच के बाद पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 106 (लापरवाही से मृत्यु कारित करना) और धारा 238 (साक्ष्य मिटाने या भ्रामक जानकारी देने) के तहत चार्जशीट तैयार की है। जांच के दौरान घटनास्थल का निरीक्षण, एफएसएल रिपोर्ट और सीसीटीवी फुटेज का विश्लेषण किया गया। प्रारंभिक निष्कर्षों में सुरक्षा व्यवस्था और निगरानी तंत्र में गंभीर चूक के संकेत मिले हैं। पुलिस ने संस्थान के प्रबंधन और शिक्षण स्टाफ के सदस्यों के खिलाफ आरोप पत्र तैयार किया है। मानसरोवर थाना पुलिस ने कोर्ट में चार्जशीट पेश करने की तैयारी कर ली है। वायरल स्क्रीनशॉट में आरोपियों के नाम उजागर कोर्ट में पेश होने से पहले ही चार्जशीट से जुड़े स्क्रीनशॉट सोशल मीडिया पर वायरल हो गए। कथित तौर पर लीक डॉक्यूमेंट से नया सवाल खड़ा हो गया है- क्या संवेदनशील मामलों की जांच फाइलें सुरक्षित हैं? यदि चार्जशीट का हिस्सा सोशल मीडिया तक पहुंच सकता है तो गोपनीयता की जिम्मेदारी किसकी है? क्या यह जांच प्रक्रिया को प्रभावित करने की कोशिश है या सिस्टम में किसी स्तर पर चूक? अब एक ओर मामला न्यायिक परीक्षण के चरण में प्रवेश करने जा रहा है, वहीं दूसरी ओर चार्जशीट के कथित लीक ने प्रशासनिक जवाबदेही और दस्तावेज सुरक्षा पर गंभीर प्रश्नचिह्न लगा दिए हैं। संवेदनशील मामलों में पुलिस कई बार एफआईआर तक गोपनीय रखती है, ताकि जांच प्रभावित न हो। ऐसे में अदालत से पहले चार्जशीट के कथित स्क्रीनशॉट वायरल होना गंभीर सवाल खड़े करता है। वायरल स्क्रीनशॉट में नामों की पुलिस नहीं कर रही पुष्टि सोशल मीडिया पर वायरल स्क्रीनशॉट में जो नाम आ रहे हैं, उन्हें लेकर पुलिस की ओर से अब तक इसकी औपचारिक पुष्टि नहीं की गई है। SHO (मानसरोवर) लखन सिंह खटाना का कहना है- पुलिस की ओर से चार्जशीट तैयार कर ली गई है। जिसे जल्द ही कोर्ट में पेश किया जाएगा। ------------------- मामले से संबंधित ये खबरें भी पढ़िए… नीरजा मोदी स्कूल को हाईकोर्ट से अंतरिम राहत:स्टूडेंट्स शिफ्ट करने की प्रक्रिया पर एक महीने की रोक, मान्यता रद्द करने के आदेश में दखल नहीं जयपुर की नीरजा मोदी स्कूल को राजस्थान हाईकोर्ट से एक महीने की राहत मिल गई है। जस्टिस बिपिन गुप्ता की बैंच ने स्कूल की याचिका पर सुनवाई करते हुए केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (CBSE) की स्टूडेंट्स शिफ्ट करने की प्रक्रिया पर एक महीने तक रोक लगा दी है।(पूरी खबर पढ़ें) CBSE ने कहा-नीरजा-मोदी स्कूल में एंटी-बुलिंग कमेटी सिर्फ कागज में:हाईकोर्ट में जवाब पेश कर कहा-ग्राउंड फ्लोर से बच्ची चौथे फ्लोर पर चली गई, सीसीटीवी की भी मॉनिटरिंग नहीं जयपुर के नीरजा मोदी स्कूल की मान्यता रद्द करने के मामले में केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (CBSE) ने हाईकोर्ट में अपना जवाब पेश किया। करीब170 पेज के जवाब में CBSE ने कहा- स्कूल में एंटी बुलिंग और पॉक्सो कमेटी केवल कागजों तक ही सीमित थीं। (पूरी खबर पढ़ें)
केस्को के अनुसार बिजली पोल बदलने और 11 केवी रिकंडक्टरिंग से जुड़े कार्यों के लिए शटडाउन लिया जा रहा है। यह कदम शहर में बेहतर और सुचारु बिजली आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिये किया जा रहा है। विभाग का कहना है कि कार्य पूरा होते ही संबंधित क्षेत्रों में तुरंत बिजली आपूर्ति बहाल कर दी जाएगी। इन इलाकों में बिजली का शटडाउनजिन इलाकों में बिजली कटौती रहेगी, उनमें विजयनगर ओ ब्लॉक, एच ब्लॉक, रतनलाल नगर, गोपाल नगर, बसंत विहार, टेलीफोन एक्सचेंज, धाम मोहिनी और मारवाड़ी परमपुरवा प्रमुख रूप से शामिल हैं। सुबह 10 बजे से बिजली की कटौती शुरू होगी, शाम 5 बजे तक विभिन्न इलाकों में निरधारित किये गये समय तक रहेगी। अलग-अलग क्षेत्रों में 5 से 7 घंटे तक बिजली गुल रहने की संभावना है। 100 से अधिक कर्मचारी करेंगे कार्यबिजली विभाग ने बताया कि इन कार्यों को समयबद्ध ढंग से पूरा करने के लिए 100 से अधिक कर्मचारी तैनात किए गए हैं। केस्को ने उपभोक्ताओं से अपील की है कि वे आवश्यक कार्य पहले ही निपटा लें और विभाग को सहयोग करें, ताकि भविष्य में बेहतर बिजली आपूर्ति सुनिश्चित की जा सके।
डीडवाना में अखिल कायमखानी सभा की हुई बैठक:कौमी एकता, शिक्षा और युवाओं की भागीदारी पर दिया जोर
डीडवाना के स्थानीय कायमखानी छात्रावास में अखिल कायमखानी सभा की एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित हुई। सभा अध्यक्ष कप्तान महबूब खां ने बैठक की अध्यक्षता की। इसमें समाज की एकता को मजबूत करने, शिक्षा के स्तर में सुधार लाने और युवाओं को संगठन से सक्रिय रूप से जोड़ने जैसे विषयों पर विस्तार से चर्चा की गई। बैठक के दौरान समाज के सर्वांगीण विकास के लिए कई महत्वपूर्ण सुझाव प्रस्तुत किए गए। मुराद खां ने ग्रामीण क्षेत्रों में पुस्तकालय स्थापित करने की आवश्यकता पर बल दिया, यह कहते हुए कि शिक्षा ही समाज की प्रगति का आधार है। वहीं, अब्दुल हमीद पड़िहार ने जरूरतमंद विद्यार्थियों को अध्ययन सामग्री उपलब्ध कराने हेतु 'किताब संग्रह' अभियान शुरू करने का प्रस्ताव रखा। कमांडर मुराद खां पड़िहार ने कौमी एकता पर विशेष जोर दिया और युवाओं से संगठन की मुख्यधारा में शामिल होने का आह्वान किया। कप्तान रमजान खां पायली और सूबेदार महबूब खां ने समाज की मजबूती के लिए एकजुटता को अनिवार्य बताया और सामूहिक प्रयासों पर बल दिया।बैठक का संचालन मुंशी खां ने किया। अंत में बुंदु खां मलवान ने अधिक से अधिक युवाओं से संस्था से जुड़कर समाज के विकास को नई दिशा देने की अपील की।
ग्वालियर में मौसम का मिजाज बदल रहा है, जहां अब दिन के साथ रातें भी गर्म होने लगी हैं। दिन और रात के तापमान में लगभग 15 डिग्री सेल्सियस का अंतर दर्ज किया जा रहा है। हालांकि, सुबह के समय अभी भी हल्की ठंडक महसूस हो रही है। सोमवार सुबह न्यूनतम तापमान 14.5 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया, जबकि रविवार शाम को अधिकतम तापमान 29.9 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ था। पिछले लगभग दो दिनों से यह अंतर बना हुआ है, जिससे रातें भी गर्म होने लगी हैं। लोग अब रजाइयों को हटाकर पंखे चलाने लगे हैं। दिन का तापमान 31 डिग्री सेल्सियस तक पहुंचा मौसम विभाग के अनुसार, दिन का तापमान पहले ही 31 डिग्री सेल्सियस के आसपास पहुंच चुका है और आने वाले दिनों में यह और बढ़ेगा। मौसम वैज्ञानिक ए.के. शुक्ल ने बताया कि अगले कुछ दिनों तक दिन का तापमान लगातार बढ़ेगा, जबकि रात का तापमान स्थिर रहने की उम्मीद है। हालांकि, सुबह और शाम को ठंडक का एहसास बना रहेगा। दिन और रात के तापमान में यह लगभग 15 डिग्री का अंतर आमजन की दिनचर्या और स्वास्थ्य पर भी प्रभाव डाल सकता है। यदि दिन का तापमान इसी तरह बढ़ता रहा, तो मार्च के शुरुआती दिनों से ही तेज गर्मी का अनुभव होने लगेगा।
मध्य प्रदेश के विंध्य क्षेत्र को हवाई नक्शे पर एक और बड़ी सौगात मिलने जा रही है। रीवा अब देश के एक और बड़े शहर रायपुर से सीधे जुड़ने वाला है। 15 मार्च से रीवा एयरपोर्ट से रायपुर के लिए नियमित विमान सेवा शुरू होगी। इससे पहले रीवा से नई दिल्ली और इंदौर के लिए फ्लाइट सेवा शुरू हो चुकी है। दो राज्यों की कनेक्टिविटी बढ़ेगीनई सेवा को विंध्य क्षेत्र के विकास की दिशा में बड़ा कदम माना जा रहा है। रीवा-रायपुर सीधी उड़ान शुरू होने से मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ के बीच व्यापार, शिक्षा, स्वास्थ्य और प्रशासनिक गतिविधियों को नई रफ्तार मिलने की उम्मीद है। खासतौर पर विंध्य और छत्तीसगढ़ के सीमावर्ती जिलों के लोगों को अब लंबी और थकाऊ सड़क यात्रा से राहत मिलेगी। उपमुख्यमंत्री राजेंद्र शुक्ल ने कहा कि विंध्य क्षेत्र तेजी से विकास की ओर बढ़ रहा है। उनके अनुसार रीवा से रायपुर विमान सेवा शुरू होना औद्योगिक, व्यावसायिक और सामाजिक गतिविधियों को नई दिशा देगा। सरकार का लक्ष्य विंध्य को प्रदेश का मजबूत ग्रोथ सेंटर बनाना है और बेहतर कनेक्टिविटी उसी दिशा में अहम कदम है। रीवा एयरपोर्ट से लगातार बढ़ती हवाई कनेक्टिविटी को लेकर स्थानीय नागरिकों, व्यापारिक संगठनों और छात्रों में उत्साह है। दिल्ली और इंदौर के बाद अब रायपुर से सीधा जुड़ाव विंध्य को राष्ट्रीय स्तर पर मजबूत पहचान दिलाने में महत्वपूर्ण साबित हो सकता है।
सहारनपुर के नकुड़ क्षेत्र में बिजली विभाग से जुड़ा 32 लाख रुपए के गबन का मामला सामने आया है। उपभोक्ताओं से वसूली गई ये धनराशि विभागीय कार्यालय के कोष में जमा नहीं कराई गई। मामला सामने आने के बाद विभाग ने जांच के आदेश दिए। जांच में सारे आरोप सही पाए गए। टीजी-2 पर मुकदमा दर्ज कराया है और उसे सस्पेंड किया है। वहीं, सहायक एकाउंटेंट, एक एकाउंटेंट और दो लिपिकों को भी सस्पेंड कर दिया है। जानकारी के अनुसार, नकुड़ क्षेत्र में बिजली उपभोक्ताओं से करीब 32 लाख रुपए का राजस्व वसूला गया था, लेकिन यह राशि कार्यालय में जमा नहीं हुई। जब राजस्व मिलान में गड़बड़ी सामने आई तो शिकायत प्रबंधन तक पहुंची। मामले की गंभीरता को देखते हुए पश्चिमांचल विद्युत वितरण निगम लिमिटेड (पीवीवीएनएल) के प्रबंध निदेशक रविश गुप्ता ने पूरे प्रकरण की जांच बैठा दी। जांच रिपोर्ट में प्रथम दृष्टया टीजी-2 समेत कुल छह कर्मचारियों को दोषी पाया गया। मुख्य आरोपी टीजी-2 के खिलाफ संबंधित थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई गई है और उसे निलंबित कर दिया गया है। बताया जा रहा है कि कार्रवाई के बाद से वह फरार है। विभागीय सूत्रों के मुताबिक राजस्व की यह रकम उपभोक्ताओं से नियमित बिल भुगतान के दौरान वसूली गई थी, जिसे नियमानुसार सरकारी कोष में जमा कराया जाना था, लेकिन ऐसा नहीं किया गया। जांच में अधिशासी अभियंता की भूमिका भी संदिग्ध पाई गई। उनके साथ एक सहायक एकाउंटेंट, एक एकाउंटेंट और दो लिपिकों को भी दोषी मानते हुए निलंबित कर दिया गया है। विभागीय स्तर पर सभी के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई शुरू कर दी गई है। अधिकारियों का कहना है कि राजस्व की हानि गंभीर वित्तीय अनियमितता है और इसमें शामिल किसी भी कर्मचारी को बख्शा नहीं जाएगा। कार्रवाई की पुष्टि पीवीवीएनएल के कार्मिक एवं प्रशासन निदेशक आशु कालिया ने की है। उन्होंने बताया कि मामले में सख्त कदम उठाए गए हैं और आगे भी जांच जारी रहेगी। विभाग अब यह भी खंगाल रहा है कि कहीं इस तरह की अनियमितता अन्य क्षेत्रों में तो नहीं हुई।
रीवा के विश्वविद्यालय मार्ग पर महिलाओं से छेड़खानी और अश्लील टिप्पणियां करने का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद पुलिस ने कार्रवाई की है। मामले में तीन आरोपियों को पकड़ा गया है। जांच में पता चला कि तीनों नाबालिग हैं। आते जाते महिलाओं पर कमेंट करते थेघटना सिमौर चौराहे से विश्वविद्यालय जाने वाले रास्ते की है। बाइक पर सवार युवकों ने सड़क से गुजर रही महिलाओं और ऑटो में बैठी महिलाओं पर फब्तियां कसी थीं। हैरानी की बात यह है कि आरोपियों ने खुद ही इस घटना का वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर डाल दिया था। वीडियो वायरल होने के बाद शहर में नाराजगी बढ़ गई और पुलिस से सख्त कार्रवाई की मांग उठी। समझाइश देकर छोड़ाथाना प्रभारी शिवा अग्रवाल ने बताया कि वायरल वीडियो के आधार पर आरोपियों की पहचान कर उन्हें हिरासत में लिया गया। पूछताछ में उन्होंने अपनी गलती स्वीकार की। बाद में एक और वीडियो सामने आया, जिसमें वे माफी मांगते और भविष्य में ऐसी हरकत न करने का वादा करते नजर आ रहे हैं। पुलिस ने तीनों नाबालिगों को समझाइश देकर उनके परिजनों के सुपुर्द कर दिया है और लिखित आश्वासन लिया है कि वे आगे ऐसी गलती नहीं करेंगे। साथ ही विश्वविद्यालय क्षेत्र में गश्त बढ़ा दी गई है। स्थानीय लोगों का कहना है कि महिलाओं की सुरक्षा के मामलों में सख्ती जरूरी है, ताकि ऐसी घटनाएं दोबारा न हों।
कैथल जिले के गांव दुबल में करीब सात माह का एक भ्रूण तालाब में पाया गया। वह कई दिनों से पानी में पड़ा होने के कारण फूला हुआ था। गांव के लोगों ने जैसे ही भ्रूण को देखा, तो तुरंत इसकी सूचना कलायत पुलिस थाना को दी। पुलिस की टीम मौके पर पहुंची और भ्रूण को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए नागरिक अस्पताल में पहुंचाया। महिला की तलाश में जुटी पुलिस हालांकि अभी तक यह पता नहीं लग पाया है कि इसे तालाब में किसने फेंका है, लेकिन पुलिस मामले की गहनता से जांच कर रही है। पुलिस ने दावा किया है कि जल्द ही भ्रूण को फेंकने वाली महिला को पकड़ लिया जाएगा। इस संबंध में पुलिस ने अज्ञात महिला के खिलाफ केस दर्ज कर आगामी जांच भी शुरू कर दी है। भ्रूण का पोस्टमॉर्टम होगा आज कलायत थाना एसएचओ बलवीर सिंह ने बताया कि पुलिस के पास रात को करीब 10 बजे सूचना आई थी कि गांव दुबल के एक तालाब में भ्रूण पड़ा हुआ है, उनकी टीम मौके पर पहुंची। वहां से भ्रूण को जब बाहर निकाला गया, तो वह पानी के कारण फूला हुआ था। उन्होंने बताया कि आज भ्रूण का पोस्टमार्टम करवाया जाएगा। गर्भवती महिलाओं की जानकारी जुटाई जा रही इस संबंध में पुलिस ने अज्ञात महिला के खिलाफ केस दर्ज कर लिया है, मामले की जांच की जा रही है। साथ ही गांव व आसपास में गर्भवती महिलाओं के बारे में भी जानकारी जुटाई जा रही है। जांच में जो तथ्य सामने आएंगे, उनके आधार पर आगामी कार्रवाई की जाएगी।
रेवाड़ी के गांव मालपुरा में कंपनी कर्मी ने फांसी लगाकर अपनी जान दे दी। सोमवार सुबह रूममेंट को फांसी के फंदे पर लटकता मिला। जिससे गांव में हड़कंप मच गया। सूचना मिलने के बाद धारूहेड़ा सेक्टर-6 थाना पुलिस ने शव को कब्जे में ले लिया है। मृतक मानसिक रूप से बीमार बताया जा रहा है। फिलहाल मौत के कारणों का पता नहीं चल पाया है। घर पर अकेला था गौतम जानकारी के अनुसार गौतम एक कंपनी में काम करता था। मूल रूप से यूपी इटावा के गांव पृथ्वीपुर निवासी गौतम गांव मालपुरा में एक अन्य युवक के साथ किराए पर रहता था। रूममेंट रविवार को एक शादी समारोह में शामिल होने के लिए चला गया। रात को गौतम कमरे पर अकेला था। इसी दौरान उसने फांसी लगाकर अपनी जान दे दी। सोमवार सुबह जब पड़ोसियों को इसका पता चला तो उन्होंने घटना की सूचना पुलिस को दी। मानसिक रूप से था परेशान बताया जाता है कि गौतम पिछले कुछ समय से मानसिक रूप से परेशान था। माना जा रहा है कि इसी परेशानी के चलते उसने रात को फांसी लगाकर अपनी जान दे दी। धारूहेड़ा सेक्टर 6 थाना पुलिस का कहना है कि पुलिस मामले की जांच कर रही है। जांच के बाद ही वास्तविकता सामने आ पाएगी। घटना की सूचना मृतक के परिजनों को दे दी है।
बलरामपुर जिले के संयुक्त जिला चिकित्सालय के पोस्टमार्टम हाउस के उन्नयन के लिए 39 लाख 34 हजार 484 रुपये की धनराशि स्वीकृत की गई है। अटल स्वशासी चिकित्सा महाविद्यालय के अधीन संचालित इस चीरघर को अब आधुनिक उपकरणों से सुसज्जित किया जाएगा और भवन की मरम्मत भी कराई जाएगी। यह कदम जिले के स्वास्थ्य ढांचे को मजबूत करने की दिशा में एक अहम पहल है। स्वीकृत बजट से अत्याधुनिक मशीनें और अन्य आवश्यक संसाधन खरीदे जाएंगे। इसके साथ ही भवन की मरम्मत कर कार्य व्यवस्था को व्यवस्थित बनाया जाएगा। अधिकारियों के अनुसार, निविदा प्रक्रिया शीघ्र पूरी कर उन्नयन का कार्य शुरू कराने की तैयारी है। इन सुविधाओं के बढ़ने से पोस्टमार्टम रिपोर्ट तैयार करने में लगने वाले समय में कमी आएगी। उल्लेखनीय है कि संयुक्त जिला चिकित्सालय की शुरुआत वर्ष 2017 में हुई थी। इससे पहले, वर्ष 1997 में जिले के गठन के बाद लगभग दो दशकों तक शवों को पोस्टमार्टम के लिए देवीपाटन मंडल मुख्यालय गोंडा भेजना पड़ता था। अस्पताल शुरू होने के बाद यह व्यवस्था स्थानीय स्तर पर सुचारु हो गई थी, लेकिन संसाधनों का अभाव बना रहा। जिले के 14 थाना क्षेत्रों में होने वाली सड़क दुर्घटनाओं, आपराधिक घटनाओं और अन्य आकस्मिक मौतों के मामलों में शवों का परीक्षण इसी पोस्टमार्टम हाउस में किया जाता है। आधुनिक सुविधाओं की कमी अक्सर यहां एक चुनौती बनी रहती थी। अब स्वीकृत बजट से एयर कंडीशनर, सीसी कैमरे, डीप फ्रीजर, इलेक्ट्रिक बोन कटर मशीन, सीलिंग लाइट, स्ट्रेचर, स्टील अलमारी और प्रिंटर जैसे आवश्यक उपकरण खरीदे जाएंगे। मर्चरी कक्ष को भी बेहतर शीतलन व्यवस्था से लैस किया जाएगा। मुख्य चिकित्साधीक्षक डॉ. राजकुमार वर्मा ने बताया कि पोस्टमार्टम हाउस को सुसज्जित करने के लिए बजट प्राप्त हो चुका है। निर्धारित प्रक्रिया के तहत जल्द ही निविदा जारी कर आवश्यक उपकरणों की खरीद सुनिश्चित की जाएगी।
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव आज (सोमवार) दोपहर 3:45 बजे रायसेन वन मंडल के हलाली डैम वनक्षेत्र में पांच गिद्धों को उनके प्राकृतिक आवास में छोड़ेंगे। इनमें एक सिनेरियस और चार लॉन्ग-बिल्ड गिद्ध शामिल हैं। इन गिद्धों को प्रदेश के विभिन्न जिलों से रेस्क्यू कर उपचार और पुनर्वास के बाद मुक्त किया जा रहा है। लगभग डेढ़ साल के सिनेरियस गिद्ध (काला गिद्ध) को 19 दिसंबर 2025 को विदिशा जिले के सिरोंज से बचाया गया था। यह प्रजाति दुनिया के सबसे बड़े उड़ने वाले पक्षियों में से एक मानी जाती है और भारत में शीतकालीन आगंतुक के रूप में देखी जाती है। वर्ष 2025 में विदिशा, मंडला, बैतूल और सिवनी से चार लॉन्ग-बिल्ड गिद्धों को रेस्क्यू किया गया था। इनका उपचार और वैज्ञानिक निगरानी वन विहार राष्ट्रीय उद्यान में की गई। स्वास्थ्य परीक्षण के बाद इन्हें प्राकृतिक आवास में छोड़ने के लिए उपयुक्त घोषित किया गया। विशेषज्ञों का तकनीकी सहयोग भी लिया गया है। सभी गिद्धों पर जीपीएस टैग लगाए गए हैं, जिससे रिहाई के बाद उनकी गतिविधियों और व्यवहार पर नजर रखी जा सकेगी। लॉन्ग-बिल्ड गिद्ध प्रजाति को पशुओं में इस्तेमाल होने वाली डायक्लोफेनेक दवा के कारण भारी कमी का सामना करना पड़ा है और यह आईयूसीएन की 'गंभीर रूप से लुप्तप्राय' श्रेणी में सूचीबद्ध है। गणना में कुल 1532 गिद्ध दर्जहाल ही में 20 से 22 फरवरी तक सुबह 6:30 से 9 बजे के बीच हुई गिद्ध गणना में रायसेन वन मंडल ने एक नया रिकॉर्ड बनाया है। इस गणना में कुल 1532 गिद्ध दर्ज किए गए, जो पिछले वर्ष की 951 की संख्या से 50 प्रतिशत से अधिक की वृद्धि दर्शाते हैं। गणना के पहले दिन 1187 गिद्ध देखे गए, दूसरे दिन यह संख्या बढ़कर 1306 हो गई और तीसरे दिन 1532 गिद्ध दर्ज किए गए। सबसे अधिक 899 गिद्ध रायसेन पश्चिम परिक्षेत्र में मिले, जो कुल संख्या का 60 प्रतिशत से अधिक है। इस गणना के दौरान मध्यप्रदेश में पाई जाने वाली सभी सात गिद्ध प्रजातियां दर्ज की गईं। इनमें लॉन्ग-बिल्ड, व्हाइट रम्प्ड, हिमालयन, यूरेशियन, रेड हेडेड और इजिप्शियन गिद्ध शामिल हैं। भारत में गिद्धों की कुल नौ प्रजातियां पाई जाती हैं, जबकि विश्वभर में इनकी 23 प्रजातियां मौजूद हैं। 12,710 के आंकड़े के साथ एमपी देश में अव्वलवर्ष 2025 की गणना में मध्यप्रदेश में 12,710 गिद्ध दर्ज किए गए थे। इसी वजह से प्रदेश को देश का अग्रणी ‘गिद्ध राज्य’ माना जाता है। वन विभाग का मानना है कि रीवाइल्डिंग, वैज्ञानिक मॉनिटरिंग और दवाओं के नियमन जैसे कदमों से गिद्धों की संख्या में निरंतर सुधार हो रहा है। विशेषज्ञों के अनुसार, गिद्ध प्राकृतिक पारितंत्र की ‘स्वच्छता सेना’ हैं और उनकी बढ़ती संख्या पर्यावरणीय संतुलन के लिए सकारात्मक संकेत है।
राशन ट्रक से जीपीएस हटाकर बाइक पर लगाया:बुलंदशहर में फर्जी जियो फेंसिंग की जा रही थी, FIR की तैयारी
बुलंदशहर के अनूपशहर क्षेत्र में राशन सप्लाई के दौरान एक बड़ा फर्जीवाड़ा सामने आया है। राशन से भरे ट्रक का जीपीएस डिवाइस निकालकर बाइक पर लगाकर जियो फेंसिंग की जा रही थी। इस मामले में अब पुलिस को तहरीर दे दी गई है और एडीएम वित्त की रिपोर्ट के आधार पर एफआईआर दर्ज की जाएगी। यह अनियमितता चार दिन पहले उजागर हुई, जिसने सार्वजनिक वितरण प्रणाली की पारदर्शिता पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। जानकारी के अनुसार, कर्मचारियों ने राशन से भरे ट्रक को निर्धारित डीलरों के पास ले जाने के बजाय उसका जीपीएस डिवाइस हटा दिया। इस डिवाइस को एक बाइक पर लगाकर विभिन्न राशन डीलरों के यहां जियो फेंसिंग की प्रक्रिया पूरी की जा रही थी, जबकि वास्तविक माल को कहीं और उतारा जा रहा था। नियमों के तहत, ट्रक को ही संबंधित डीलर के क्षेत्र में ले जाकर जियो फेंसिंग कराना अनिवार्य है। मामले का खुलासा तब हुआ जब अधिकारियों ने जांच के दौरान संबंधित ट्रक को पकड़ा। मार्केटिंग इंस्पेक्टर की जांच में पाया गया कि वाहन में जीपीएस डिवाइस मौजूद नहीं था। इसके बाद विस्तृत जांच की गई और रिपोर्ट उच्च अधिकारियों को सौंप दी गई। सीओ विकास प्रताप सिंह चौहान ने बताया कि मामले में तहरीर प्राप्त हो गई है। एडीएम वित्त की रिपोर्ट मिलने के बाद संबंधित धाराओं में एफआईआर दर्ज की जाएगी। अधिकारियों ने कहा है कि दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी ताकि भविष्य में इस तरह की अनियमितताओं पर अंकुश लगाया जा सके।
धौलपुर जिले के सैंपऊ उपखंड के नुनहेरा गांव में स्कूल जाने वाले मुख्य रास्ते पर जलभराव और कीचड़ की समस्या से छात्र-छात्राएं परेशान हैं। यह स्थिति पिछले 5 साल से बनी हुई है, जिससे स्टूडेंट्स को स्कूल पहुंचने में भारी कठिनाई का सामना करना पड़ रहा है। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही इस समस्या का स्थायी समाधान नहीं किया गया, तो वे आंदोलन करेंगे। गांव के मोहल्लों से निकलने वाले दूषित पानी की निकासी की समुचित व्यवस्था नहीं होने के कारण यह रास्ता सालभर पानी और कीचड़ से भरा रहता है। ग्रामीणों और विद्यार्थियों का कहना है कि इस समस्या के बारे में प्रशासन को कई बार अवगत कराया गया है, लेकिन कोई स्थायी समाधान नहीं निकाला गया। कीचड़ में होकर गुजरते है स्टूडेंट्सछात्र-छात्राओं को कीचड़ भरे रास्ते से होकर गुजरना पड़ता है। पहले वे खेतों की पगडंडी का उपयोग करते थे, लेकिन अब किसानों द्वारा तारबंदी और बिजली के तार लगाए जाने के कारण वह रास्ता भी बंद हो गया है। इस वजह से मुख्य कीचड़ भरा रास्ता ही एकमात्र विकल्प बचा है। कई बार हो जाते है चोटिलकई बार विद्यार्थी फिसलकर गिर जाते हैं, जिससे उन्हें चोट लगती है और कपड़े खराब होने पर वापस घर लौटना पड़ता है। गांव में 12वीं तक का स्कूल है और इन दिनों बोर्ड परीक्षाएं भी चल रही हैं।गांव के युवा करन परमार के नेतृत्व में ग्रामीणों और छात्रों ने धौलपुर प्रशासन के अधिकारियों को ज्ञापन सौंपा। इसके बाद प्रशासन की ओर से जेसीबी लगाकर करीब चार घंटे तक रास्ता साफ करने का प्रयास किया गया। ग्रामीणों ने लगाया आरोपहालांकि, ग्रामीणों का आरोप है कि 40 फीट का रास्ता साफ करने के आदेश के बावजूद केवल 20-25 फीट तक ही सफाई कर औपचारिकता पूरी कर दी गई। उनका यह भी आरोप है कि एसडीएम द्वारा 40 फीट रास्ता साफ करने और स्कूल के सामने गड्ढे के चारों ओर तारबंदी के निर्देश दिए गए थे, लेकिन इन निर्देशों का पूरी तरह पालन नहीं किया गया। बजट की कमी का हवाला देकर मामले को टालने का आरोप भी लगाया गया है।
युवती की नहाते समय फोटो खींची:मां ने छेड़छाड़ का विरोध किया तो जान से मारने की धमकी दी, केस दर्ज
बस्ती जिले के वाल्टरगंज थाना क्षेत्र के एक गांव में एक युवती के साथ छेड़छाड़ का मामला सामने आया है। आरोप है कि नहाते समय युवती की फोटो खींची गई और उसका हाथ पकड़कर छेड़छाड़ की गई। पुलिस ने नामजद आरोपी के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। घटना 21 फरवरी 2026 की शाम करीब 4.10 बजे की बताई जा रही है। वादिनी ने अपनी तहरीर में आरोप लगाया है कि शेखपुरा गांव निवासी पालजी पुत्र राधेश्याम ने उसकी लगभग 20 वर्षीय बेटी की मोबाइल से उस वक्त फोटो खींच ली, जब वह घर के अंदर नहा रही थी। तहरीर के अनुसार, आरोपी ने युवती का हाथ पकड़कर उसके साथ छेड़खानी भी की। पीड़िता की मां ने जब आरोपी से इस बारे में शिकायत की तो उसने गाली-गलौज करते हुए जान से मारने की धमकी दी। वाल्टरगंज पुलिस ने इस मामले में एफआईआर दर्ज कर ली है। विवेचक द्वारा साक्ष्य जुटाए जा रहे हैं और संबंधित पक्षों के बयान दर्ज किए जा रहे हैं। थाना प्रभारी महेश सिंह ने पुष्टि की कि मुकदमा दर्ज कर कानूनी कार्रवाई की जा रही है।
डीग में 79 बदमाशों पर कार्रवाई:157 जवानों की 34 टीमों ने 117 जगहों पर दी दबिश
डीग जिले में पुलिस ने रविवार को एक दिवसीय विशेष एरिया डॉमीनेशन अभियान चलाया। अभियान के तहत एएसपी स्तर से लेकर कॉन्स्टेबल स्तर तक के कुल 157 पुलिसकर्मियों की 34 विशेष टीमें गठित की गईं। इन टीमों ने जिले के 117 चिन्हित स्थानों पर दबिश देकर कुल 79 अपराधियों और असामाजिक तत्वों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की। पुलिस ने असामाजिक तत्वों की गहन चेकिंग करते हुए 50 अपराधियों के खिलाफ कार्रवाई की। इसके अलावा विभिन्न मुकदमों में वांछित चल रहे 6 अपराधियों को गिरफ्तार किया गया। लोकल एवं स्पेशल एक्ट, स्थायी वारंटी और ईनामी अपराधियों सहित कुल 23 अन्य अपराधियों को भी पकड़ा गया।अभियान के दौरान 66 हिस्ट्रीशीटर अपराधियों की जांच की गई, जिनमें से 13 के विरुद्ध निरोधात्मक कार्रवाई की गई। साथ ही, पिछले 5 सानल के फायर आर्म्स मामलों में चालानशुदा 95 अपराधियों की जांच कर 28 के खिलाफ निरोधात्मक कदम उठाए गए।
शहर में निर्धारित सीमा से अधिक ध्वनि में डीजे बजाने वालों पर पुलिस ने सख्ती दिखाई है। हाईकोर्ट की गाइडलाइन और भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता-2023 की धारा 163 के उल्लंघन में अलग-अलग थाना क्षेत्रों में 5 मुकदमे दर्ज किए गए हैं।पुलिस कमिश्नर के निर्देश पर जनपद में अपराध नियंत्रण और सार्वजनिक शांति बनाए रखने के लिए विशेष अभियान चलाया जा रहा है। इसी क्रम में ध्वनि प्रदूषण फैलाने वालों पर कार्रवाई की गई। बोर्ड प्परीक्षा, शासनादेश और न्यायालय के आदेश के मुताबिक रात के समय निर्धारित डेसिबल सीमा से अधिक ध्वनि में डीजे बजाने पर प्रतिबंध है। इसके बावजूद कुछ स्थानों पर तेज आवाज में डीजे संचालित किए जा रहे थे। इन थाना क्षेत्रों में हुई कार्यवाही पुलिस उपायुक्त सेंट्रल के निर्देशन में एसीपी के नेतृत्व में कोहना, फजलगंज और बजरिया थाना क्षेत्रों में विशेष चेकिंग अभियान चलाया गया। जांच के दौरान नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर 5 FIR दर्ज की गई हैं। लगातार एक्शन में रहेगी पुलिस पुलिस अधिकारियों कहा है कि संबंधित व्यक्तियों के खिलाफ विधिक कार्रवाई जारी है। साथ ही आमजन से अपील की गई है कि ध्वनि विस्तारक यंत्रों का प्रयोग न्यायालय और शासन के निर्देशों के अनुरूप ही करें। नियम तोड़ने पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
एटा जनपद के जैथरा थाना क्षेत्र के पिपहरा गांव में 27 वर्षीय एक युवक ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। मौके से एक सुसाइड नोट बरामद हुआ है। जिसमें युवक ने अपनी पत्नी, सास, ससुर और साले पर गंभीर आरोप लगाए हैं। सुसाइड नोट में लिखा गया कि उसे 20 दिनों तक बंधक बनाकर पीटा गया गया। धमकी भी दी गई। हत्या कर जमीन हड़पने का आरोप मृतक की पहचान श्याम सुंदर पुत्र पातीराम के रूप में हुई है। सुसाइड नोट में उसने आरोप लगाया है कि ससुराल पक्ष के लोग उसकी हत्या कर जमीन हड़पना चाहते थे। उसने लिखा है कि उसे अलीगंज थाना क्षेत्र के कैल्ठा गांव स्थित ससुराल बुलाया गया था, जहां उसे 20 दिनों तक बंधक बनाकर पीटा गया और धमकाया गया। बंधक बनाकर मारा-पीटा गया सुसाइड नोट में यह भी कहा गया है कि उसे बताया गया था कि उसकी मौत के बाद सारी जमीन उसकी पत्नी के नाम हो जाएगी, इसलिए उसे घर में बंधक बनाकर मारा-पीटा गया। मृतक युवक ने एटा जिलाधिकारी से आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने की मांग की है। घटना की सूचना मिलते ही जैथरा थाना पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए एटा जिला मुख्यालय भेज दिया है। थानाध्यक्ष देवेंद्र कुमार ने बताया कि अभी तक इस मामले में कोई तहरीर प्राप्त नहीं हुई है और न ही पंचनामा की प्रक्रिया पूरी हुई है। तहरीर मिलने के बाद आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
कन्नौज के छिबरामऊ में एक बंद मकान से दुर्गंध आने के बाद पुलिस ने ताला तोड़कर अंदर देखा तो किराएदार का शव पड़ा मिला। शव सड़ चुका था, जिससे दुर्गंध आ रही थी। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। यह घटना छिबरामऊ नगर के गोविंद कॉम्प्लेक्स की है। पीपल वाली गली स्थित बस्तीराम मोहल्ले में रहने वाले संजीव कुमार (55) पिछले करीब पांच साल से इस किराए के मकान में रह रहे थे। वह नमकीन और ब्रेड का कारोबार करते थे। संजीव पांच साल पहले अपने परिवार से अलग होकर अकेले रह रहे थे और नगर क्षेत्र में फेरी लगाकर ब्रेड की सप्लाई कर अपना जीवन यापन करते थे। पिछले कुछ दिनों से उनके किराए के मकान में ताला लगा हुआ था। रविवार शाम को मकान मालिक राहुल गुप्ता को पड़ोसियों ने मकान से दुर्गंध आने की सूचना दी। राहुल गुप्ता ने मौके पर पहुंचकर पुलिस को जानकारी दी। सूचना मिलते ही कोतवाल विष्णुकांत तिवारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने मकान का ताला तुड़वाया। अंदर जाने पर संजीव का शव पड़ा मिला। पड़ोसियों ने बताया कि संजीव गुप्ता फेरी लगाने के बाद मकान में चले जाते थे और फिर खाना देने वाले से बाहर से ताला लगवा देते थे। घटना की जानकारी मिलने पर संजीव के परिजन भी मौके पर पहुंच गए। कोतवाल ने बताया कि संजीव अविवाहित थे, शराब पीने के आदी थे और पिछले कई दिनों से बीमार चल रहे थे। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। संजीव के भाई प्रदीप गुप्ता ने इस संबंध में पुलिस को तहरीर दी है।
हरियाणा के पंचकूला में पीयू की महिला प्रोफेसर के घर चोरों ने चोरी की वारदात को अंजाम दिया है। महिला प्रोफेसर के पति की शिकायत पर पंचकूला के सेक्टर-14 थाना पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। आसपास के एरिया की सीसीटीवी फुटेज चेक की जा रही हैं। पंचकूला के सेक्टर-12 ए के दविंद्र कुमार मक्कड़ ने बताया कि उनके घर पर छह माह से मकान का रेनोवेशन का काम चल रहा है। मक्कड़ के अनुसार उनकी पत्नी सुमन मक्कड़ पीयू में प्रोफेसर हैं। चंडीगढ़ में उनको सरकारी आवास अलॉट हैं, जहां पर वे इन दिनों रहते हैं। 11 बजे लेबर गुड्डू ने फोन कर बताया कि कोठी से कुछ सामान चोरी हो गया है। ये सामान हुआ चोरी कोठी पर पहुंच कर पीड़ित ने देखा, तो पाया कि वहां से किचन से वॉश बेसन, 22 नल, हैंडशॉवर मिक्सर व बिजली की वॉयर चोरी हुई मिली। पीड़ित के अनुसार करीब सवा लाख रुपए का सामान चोरी हुआ। चोर घर में दरवाजों के स्क्रू खोलकर घुसे थे। मामले की जांच जारी- SI अनिल पंचकूला के सेक्टर-14 थाना पुलिस के जांच अधिकारी SI अनिल कुमार ने बताया कि पीड़ित की शिकायत पर मामला दर्ज कर लिया गया है। आसपास के घरों में सीसीटीवी की जांच चल रही है। जल्द ही चोरों को ट्रेस कर लिया जाएगा।
राजस्थान की तपती रेत और पोकरण का आसमान 24 व 27 फरवरी को भारतीय वायुसेना के शौर्य का गवाह बनेगा। 'वायुशक्ति-2026' अभ्यास में इस बार सबसे बड़ा आकर्षण C-295 विमान की पहली नाइट असॉल्ट लैंडिंग होगी। यह पहला मौका है जब यह आधुनिक परिवहन विमान रात के अंधेरे में दुश्मन की सीमा के करीब लैंडिंग कर अपनी सामरिक ताकत दिखाएगा। इस युद्धाभ्यास के जरिए भारत दुनिया को संदेश देगा कि हमारी वायुसेना न सिर्फ दिन में, बल्कि रात के गहन अंधेरे में भी सटीक प्रहार करने में सक्षम है। 24 फरवरी, मंगलवार को इस कार्यक्रम की फुल ड्रेस रिहर्सल होगी। इसमें 27 फरवरी के मुख्य कार्यक्रम की तरह ही फुल ड्रेस रिहर्सल की जाएगी। C-295: रात का नया सारथी इस अभ्यास की सबसे बड़ी विशेषता C-295 विमान का शामिल होना है। पहली बार यह विमान रात के समय 'असॉल्ट लैंडिंग' की ड्रिल को अंजाम देगा। इसका मतलब है कि युद्ध जैसी स्थिति में, बिना किसी लाइट या रनवे की सुविधा के, यह विमान उबड़-खाबड़ जमीन पर उतरकर सैनिकों और रसद को पहुंचा सकता है। इसके साथ ही C-130J सुपर हरक्यूलिस विमान गरुड़ कमांडों को वॉर-ज़ोन में उतारेंगे, जो यह दर्शाएगा कि भारत की 'स्पेशल फोर्सेज' कितनी तेजी से दुश्मन के घर में घुसकर कार्रवाई कर सकती हैं। C-295 की कुछ खास बातें: यह विमान उबड़-खाबड़ और छोटे रनवे पर भी उतरने में सक्षम है। इसमें आधुनिक रडार और रात में मिशन करने के लिए विशेष तकनीक लगी है। यह एक साथ 71 सैनिकों या 50 पैराट्रूपर्स को ले जा सकता है। 'वायुशक्ति-2026' में इसकी नाइट लैंडिंग भारत की रणनीतिक बढ़त को साबित करेगी। C-130J सुपर हरक्यूलिस की प्रमुख विशेषताएं: विशेष अभियान : गरुड़ कमांडो को अचानक और गुप्त रूप से शत्रुतापूर्ण क्षेत्रों में भेजने के लिए प्रयुक्त। एडवांस लैंडिंग ग्राउंड: यह 10,500 फुट से अधिक की ऊंचाई पर दौलत बेग ओल्डी और कारगिल जैसे दुर्गम इलाकों में रात में भी लैंडिंग करने में सक्षम है। क्षमता: यह विमान 19-20 टन वजन या 64 से 90 पैराट्रूपर्स/सैनिकों को ले जा सकता है। बहुमुखी प्रतिभा: राहत, बचाव और आपदा प्रबंधन में अहम भूमिका निभाता है। भारत में विनिर्माण: लॉकहीड मार्टिन के सहयोग से इसके मरम्मत (MRO) और निर्माण के लिए भारत में हब विकसित किया जा रहा है। भारतीय वायुसेना के पास अभी एक दर्जन से अधिक C-130J सुपर हरक्यूलिस विमान हैं। 12 हजार किलो बारूद से थर्राएंगे बॉर्डर के इलाके नागेश कपूर कहते हैं- इस अभ्यास के दौरान करीब 12 हजार किलो गोला-बारूद का उपयोग किया जाएगा। अभ्यास के दौरान गोलाबारी के लिए वायुसेना के 77 फाइटर जेट्स और 43 हेलिकॉप्टर्स को तैनात किया गया है। यह संख्या यह दर्शाती है कि भारतीय वायुसेना एक साथ कई मोर्चों पर भारी हमला करने की तैयारी में है। पहली बार दिखेगा मानवरहित एयरक्राफ्ट एयर मार्शल नागेश कपूर ने बताया- इस बार रिमोटली पायलेटेड एयरक्राफ्ट (RPA) यानी मानवरहित विमानों को पहली बार सार्वजनिक रूप से इतने बड़े स्तर पर प्रदर्शित किया जाएगा। भविष्य के युद्धों में ड्रोन और RPA की भूमिका अहम होगी। इसलिए, 'वायु शक्ति-2026' में शॉर्ट रेंज लोइटरिंग म्यूनिशन (कामिकेज ड्रोन) और काउंटर अनमैन्ड एरियल सिस्टम (C-UAS) जैसे एडवांस वेपन सिस्टम का जलवा दिखेगा। ये दिन, शाम और रात हर समय मिशन को अंजाम देने में सक्षम हैं। हम सिर्फ हमला करना नहीं सीख रहे, बल्कि मुश्किल परिस्थितियों में एयरलिफ्ट, आपदा प्रबंधन (HADR) और बचाव कार्यों में एयरफोर्स की भूमिका को मजबूत कर रहे हैं। युद्ध की स्थिति में सेनाओं को जल्द से जल्द मदद पहुंचाने और मुश्किल क्षेत्रों में एयर ऑपरेशंस को रणनीतिक नतीजों में बदलने की क्षमता का प्रदर्शन किया जाएगा। 120 लड़ाकू विमानों का अभेद्य चक्र वायुसेना की मारक क्षमता को परखने के लिए इस बार बेड़े के सबसे घातक 120 से अधिक एयरक्राफ्ट आसमान में गरजेंगे। इनमें फाइटर जेट्स जैसे, राफेल, सुखोई-30 MKI, स्वदेशी तेजस, मिराज-2000 और जगुआर शामिल होंगे। हेलिकॉप्टर्स में स्वदेशी अटैक हेलिकॉप्टर 'प्रचंड' और वजन उठाने में माहिर 'चिनूक' भी शामिल होगा। कुल मिलाकर 77 फाइटर जेट, 43 हेलिकॉप्टर और 8 ट्रांसपोर्ट विमानों का जमावड़ा होगा। 'आत्मनिर्भर भारत' की गूंज एयर मार्शल नागेश कपूर के अनुसार, यह अभ्यास पूरी तरह स्वदेशी शक्ति पर केंद्रित है। इसमें भारत में बने 'तेजस' और 'प्रचंड' जैसे विमानों के साथ-साथ 'लॉयटरिंग एम्युनिशन' (आत्मघाती ड्रोन) का भी परीक्षण होगा। 'ऑपरेशन सिंदूर' की तर्ज पर आधुनिक हथियारों का प्रदर्शन यह बताएगा कि भारतीय सेना अब विदेशी तकनीक पर निर्भर नहीं है। पाक सीमा पर हाई अलर्ट पाकिस्तान सीमा के पास होने वाले इस अभ्यास के लिए पूरे इलाके को 'नोटम' (NOTAM) जारी कर हवाई क्षेत्र सुरक्षित कर लिया गया है। किसी भी बाहरी घुसपैठ को रोकने के लिए एंटी-ड्रोन सिस्टम और एयर डिफेंस की कई परतें तैयार की गई हैं। 24 फरवरी को फुल ड्रेस रिहर्सल होगी, जिसके बाद 27 फरवरी को पोखरण की धरती धमाकों और गर्जना से कांप उठेगी।ये खबर भी पढ़ें….. राजस्थान में ऑपरेशन सिंदूर की तर्ज पर होगी बमबारी:बॉर्डर इलाकों में पहली बार आसमान में बाज की तरह हमला करने वाला एयरक्राफ्ट दिखेगा….. राजस्थान के बॉर्डर इलाके में ‘ऑपरेशन सिंदूर’ की तर्ज पर बमबारी होगी। दुश्मनों के ठिकानों को चुन-चुनकर नेस्तनाबूद किया जाएगा। आसमान में पहली बार बाज की तरह हमला करने वाला एयरक्राफ्ट दिखेगा। रिमोट से चलने वाला यह एयरक्राफ्ट पलक झपकते ही टारगेट का खात्मा करता है। इसके अलावा 277 अत्याधुनिक हथियारों का भी प्रदर्शन किया जाएगा। जैसलमेर के पोकरण में 27 फरवरी को एयरफोर्स अपनी ताकत दिखाएगी। 2 साल में एक बार होने वाले इस युद्धाभ्यास का नाम ‘वायु शक्ति-2026’ रखा गया है। 24 फरवरी को फुल ड्रेस रिहर्सल होगी। मेन इवेंट 27 फरवरी को है। इस दौरान दुश्मन के ठिकानों का पता लगाना और आर्मी की मदद करते हुए हवाई हमले और बमबारी की प्रैक्टिस की जाएगी। (खबर पढ़ें)
देवास में शिवाजी महाराज की जयंती के अवसर पर रविवार देर शाम शौर्य यात्रा निकाली गई। इस यात्रा में मराठा समाज सहित बड़ी संख्या में हिंदू समाज के लोग शामिल हुए। यह शौर्य यात्रा स्थानीय सयाजीद्वार से शुरू हुई और शहर के प्रमुख मार्गों से होते हुए भोपाल चौराहे पर पहुंची। भोपाल चौराहे पर शिवाजी महाराज की प्रतिमा पर माल्यार्पण के बाद यात्रा का समापन हुआ। क्षत्रिय युवा मराठा समाज द्वारा प्रतिवर्ष की तरह इस वर्ष भी यह यात्रा आयोजित की गई थी। यात्रा में शिवाजी महाराज की एक विशाल प्रतिमा आकर्षण का मुख्य केंद्र रही। शौर्य यात्रा में मराठा समाज ग्रुप की ढोल-ताशा पार्टी ने अपनी प्रस्तुति से माहौल को जीवंत बना दिया। शहर के प्रमुख मार्गों पर विभिन्न राजनीतिक और सामाजिक संस्थाओं द्वारा यात्रा का स्वागत किया गया। इस अवसर पर छोटे बच्चे शिवाजी महाराज के वेश में शामिल हुए। साथ ही, समाज की महिलाएं भी ढोल की थाप पर थिरकती नजर आईं, जिससे यात्रा में उत्साह और उमंग का संचार हुआ।
जनपद में फैमिली आईडी योजना शहरी क्षेत्रों में धीमी गति से चल रही है, जबकि ग्रामीण इलाकों में इसने रफ्तार पकड़ी है। निर्धारित लक्ष्य के मुकाबले शहरी क्षेत्रों में केवल 27 प्रतिशत आवेदन ही स्वीकृत हो पाए हैं, जो चिंता का विषय है। जिले में कुल 72,211 के लक्ष्य के सापेक्ष अब तक 55,297 आवेदन स्वीकृत किए जा चुके हैं, जो लगभग 76 प्रतिशत है। इसके विपरीत, शहरी क्षेत्रों में 3,000 के लक्ष्य के मुकाबले केवल 803 आवेदन ही स्वीकृत हुए हैं। ग्रामीण क्षेत्रों में योजना के प्रति जागरूकता और सक्रियता के कारण संतोषजनक प्रगति हुई है। वहीं, शहरी इलाकों में योजना की जानकारी का अभाव या क्रियान्वयन स्तर पर अपेक्षित प्रयासों की कमी को धीमी गति का मुख्य कारण माना जा रहा है। विशेषज्ञों के अनुसार, डिजिटल सुविधाओं के बावजूद जनसंपर्क और शिविरों की कमी एक बड़ी वजह है। फैमिली आईडी योजना का मुख्य उद्देश्य पात्र परिवारों को सरकारी योजनाओं से सीधे और पारदर्शी तरीके से जोड़ना है। इसके माध्यम से परिवार अपनी पात्रता जान सकते हैं, और संबंधित विभाग स्वयं संपर्क कर प्रक्रिया पूरी करता है। कई मामलों में स्वतः नामांकन की सुविधा भी उपलब्ध है। फैमिली आईडी के डेटा के आधार पर जाति प्रमाण पत्र जैसे महत्वपूर्ण दस्तावेजों की प्रक्रिया भी तेज हो जाती है, जिससे लाभार्थियों को समय पर प्रमाणपत्र और योजनाओं का लाभ मिल पाता है। यह परिवारों को प्राप्त सभी सरकारी लाभों की जानकारी एक ही मंच पर उपलब्ध कराता है। जिला अर्थ एवं संख्याधिकारी बी.एस. यादव ने बताया कि ग्रामीण क्षेत्रों में अच्छी प्रगति हुई है। शहरी क्षेत्रों में जागरूकता बढ़ाने और आवेदन प्रक्रिया में तेजी लाने के लिए विशेष अभियान चलाया जाएगा। इसके तहत वार्ड स्तर पर कैंप आयोजित किए जाएंगे और लंबित मामलों का प्राथमिकता से निस्तारण किया जाएगा। शहरी इलाकों में कम प्रगति प्रशासन के लिए चेतावनी है। यदि समय रहते विशेष रणनीति नहीं अपनाई गई तो कई पात्र परिवार योजनाओं के लाभ से वंचित रह सकते हैं। अब नजर इस बात पर है कि प्रस्तावित वार्ड स्तरीय शिविर कितनी तेजी से तस्वीर बदल पाते हैं।
सीएम योगी सिंगापुर दौरे पर हैं। उन्होंने कारोबारियों के साथ बैठक की। उत्तर प्रदेश में निवेश के लिए आमंत्रित किया।सीएम के साथ वित्त मंत्री सुरेश खन्ना और उद्योग मंत्री नंद गोपाल नंदी नजर आए। नंदी और वित्त मंत्री कोट-पैंट पहने हुए थे, जबकि सीएम पारंपरिक परिधान यानी भगवा कपड़ों में नजर आए। सीएम 3 दिन में 25 कंपनियों के सीईओ से मुलाकात करेंगे। इसके बाद 25 फरवरी को जापान पहुंचेंगे। सिंगापुर दौरे की 3 तस्वीरें देखिए- सीएम ने किस-किस से बैठक की, पढ़िए— डिप्टी सीएम केशव मौर्य पहुंचे जर्मनीइधरस डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य के नेतृत्व में प्रतिनिधिमंडल रविवार शाम जर्मनी पहुंच गया हैं। फ्रैंकफर्ट में काउंसिल जनरल ने उनका स्वागत किया। मौर्य के साथ प्रतिनिधिमंडल में आईटी मंत्री सुनील शर्मा, योजना विभाग के अपर मुख्य सचिव आलोक कुमार और सीएम योगी के OSD संजीव सिंह भी शामिल हैं। केशव मौर्य ने सोशल मीडिया पर पोस्ट करते हुए कहा कि फ्रैंकफर्ट हवाई अड्डे पर भारत की काउंसिल जनरल शुचिता किशोर से आत्मीय स्वागत मिला। मेरा विश्वास है कि यह यात्रा 'Invest UP' को प्रोत्साहित करने और यूपी के लिए निवेशकों एवं प्रमुख हितधारकों से संवाद स्थापित कर सार्थक निवेश आकर्षित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम सिद्ध होगी। 25 फरवरी को जापान पहुंचेंगे सीएम, टोक्यो में भगवा झंडे लगे सीएम सिंगापुर के दौरे के बाद 25 फरवरी को जापान पहुंचेंगे। उनके पहुंचने से पहले जापान की कुछ तस्वीरें और वीडियो सामने आए हैं। इनमें राजधानी टोक्यो की कुछ सड़कों पर भगवा झंडे लगे नजर आ रहे हैं। भारतीय समुदाय सीएम के स्वागत की तैयारियों में जुटा है। वीडियो में दिख रहा है कि प्रवासी भारतीय ‘भारत माता की जय’ और ‘जय श्री राम’ के नारे लगा रहे हैं। उनका कहना है कि यह स्वागत सिर्फ एक कार्यक्रम नहीं, बल्कि विदेश में बसे भारतीयों की सांस्कृतिक एकता और श्रद्धा का जीवंत प्रदर्शन है। योगी के आने से भारत-जापान संबंध और मजबूत होंगे। योगी के दौरे पर भारतीय समुदाय ने क्या-क्या कहा? जानिए 600 किमी रफ्तार वाली मैग्लेव में सफर करेंगे सीएम योगी सीएम बनने के बाद मॉरीशस-म्यांमार की विदेश यात्रा की थीयोगी आदित्यनाथ पहली बार मुख्यमंत्री बनने के बाद विदेश दौरे पर अगस्त 2017 में गए थे। उनकी पहली विदेशी यात्रा म्यांमार की थी। यह दौरा 5 से 7 अगस्त 2017 के बीच हुआ। इस दौरान वे एक अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन में शामिल हुए थे। इसके बाद वे नेपाल, मॉरीशस, रूस के दौरे पर भी गए। योगी आदित्यनाथ मूलतः एक नाथ संप्रदाय के संन्यासी हैं और वर्षों से सार्वजनिक जीवन में भगवा वेशभूषा ही धारण करते आए हैं। मुख्यमंत्री बनने के बाद भी उन्होंने अपने इसी परिधान को बनाए रखा, चाहे वह देश के कार्यक्रम हों या विदेश यात्राएं। ---------------------------------- ये खबर भी पढ़ें- PM मोदी ने संसद में कुर्सी घेरने पर चुप्पी तोड़ी:कांग्रेस से बोले- महिला सांसदों को भेजकर, सीट पर कब्जा करके प्रधानमंत्री नहीं बन सकते प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 17 दिन पहले लोकसभा में कांग्रेस की महिला सांसदों के कुर्सी घेरने पर चुप्पी तोड़ी है। पीएम ने रविवार को मेरठ में कहा, कुर्सी पर बैठने से पहले जनता का दिल जीतना पड़ता है। उन्होंने आरोप लगाया कि महिला सांसदों को आगे कर सीट पर कब्जा कर प्रधानमंत्री नहीं बना जा सकता। पढ़ें पूरी खबर
गोड्डा जिले के ललमटिया थाना क्षेत्र में तेलगामा के पास सोमवार अहले सुबह बड़ा हादसा हो गया। महागामा-ललमटिया मार्ग से गुजर रहा JH12S 7078 नंबर का हाइवा ट्रक अनियंत्रित होकर सड़क की रेलिंग तोड़ते हुए करीब 40 फीट नीचे एनटीपीसी की डाउनलाइन MGR MT रेल ट्रैक पर जा गिरा। घटना सुबह करीब 3 बजे की बताई जा रही है। हादसे के समय MGR MT लाइन से कोयला लेने के लिए एक रैक गुजर रही थी। ट्रक के गिरते ही रेलखंड बाधित हो गया। इलाके में अफरा-तफरी मच गई। राहगीरों ने चालक की कराह सुनकर पुलिस को सूचना दी, जिसके बाद राहत-बचाव कार्य शुरू किया गया। चालक बोगी के नीचे फंसा, तीन घंटे बाद निकला खलासी हादसे में चालक लालू कुमार ट्रक से फेंकाकर ट्रेन की बोगी के नीचे जा फंसे, जबकि खलासी मनीष कुमार वाहन के केबिन में ही दबे रह गए। सूचना मिलते ही थाना प्रभारी रौशन कुमार सिंह मौके पर पहुंचे और स्थानीय लोगों की मदद से चालक को बोगी के नीचे से बाहर निकालकर अस्पताल भिजवाया। वहीं खलासी करीब तीन घंटे तक गाड़ी में फंसा रहा। सुबह लगभग 5 बजे एनटीपीसी की रेस्क्यू टीम सुभाशीष बनर्जी के नेतृत्व में घटनास्थल पर पहुंची। कड़ी मशक्कत के बाद टीम ने मनीष कुमार को सुरक्षित बाहर निकाला। रेल की पटरी में परिचालन बाधित रेस्क्यू टीम प्रमुख सुभाशीष बनर्जी ने बताया कि सूचना मिलते ही टीम रवाना हुई और लगभग आधे घंटे की कोशिश के बाद उपचालक को बाहर निकाल लिया गया। दोनों घायलों को प्राथमिक उपचार के बाद अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उनका इलाज जारी है। खबर लिखे जाने तक MGR रेलखंड बाधित था और ट्रैक से ट्रक हटाने की प्रक्रिया जारी थी। प्रशासन ने घटना की जांच शुरू कर दी है।
बरेली के फतेहगंज पश्चिमी थाना क्षेत्र में उस वक्त हड़कंप मच गया, जब नेशनल हाईवे के किनारे माधौपुर फाटक के पास झाड़ियों में एक युवक का शव बरामद हुआ। राहगीरों की सूचना पर पहुंची पुलिस ने जब छानबीन की, तो मृतक की शिनाख्त परमजीत के रूप में हुई। शव मिलने की खबर फैलते ही आसपास के ग्रामीणों की भारी भीड़ जमा हो गई। कई दिनों से लापता था मृतक परमजीतपरिजनों के मुताबिक, परमजीत पिछले कई दिनों से लापता चल रहा था। परिवार वाले उसकी तलाश में जुटे थे, लेकिन उसका कहीं पता नहीं चल रहा था। आज अचानक उसकी लाश मिलने से घर में कोहराम मच गया है। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है, ताकि मौत के सही कारणों का पता चल सके। हाल ही में हुआ था किडनी ट्रांसप्लांटइस मामले में एक महत्वपूर्ण कड़ी यह सामने आई है कि मृतक परमजीत की कुछ समय पहले ही किडनी ट्रांसप्लांट हुई थी। गंभीर बीमारी से जूझने के बाद वह रिकवरी की राह पर था, लेकिन अचानक लापता होने और फिर संदिग्ध हालत में शव मिलने से कई सवाल खड़े हो गए हैं। पुलिस इस एंगल को भी अपनी जांच में शामिल कर रही है। सीसीटीवी कैमरों की ले रही है पुलिस मददपुलिस ने घटनास्थल के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगालना शुरू कर दिया है। पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि परमजीत वहां तक कैसे पहुंचा और उसके साथ अंतिम समय में कौन लोग थे। अधिकारियों का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही स्थिति साफ होगी, फिलहाल मामले की गहनता से जांच की जा रही है।
इंदौर-दाहोद रेल परियोजना ने अब गति पकड़ ली है। धार से पीथमपुर के बीच ट्रैक जोड़ने का काम अत्याधुनिक तकनीक और विशेष मशीनों की मदद से तेजी से किया जा रहा है। रेलवे प्रशासन का लक्ष्य है कि 31 मार्च तक धार से इंदौर के बीच ट्रायल रन शुरू कर दिया जाए। रेल पटरियों को जोड़ने के लिए विशेष वेल्डिंग वाहन का उपयोग किया जा रहा है। इसमें लगभग 2400 डिग्री सेल्सियस तापमान पर पटरियों को गर्म कर स्थायी रूप से जोड़ा जाता है। यह तकनीक न केवल ट्रैक को मजबूत बनाती है, बल्कि ट्रेन संचालन के दौरान झटकों को भी कम करती है। वेल्डिंग के बाद ट्रैक की गुणवत्ता जांच थर्ड पार्टी एजेंसी द्वारा की जाएगी, ताकि सुरक्षा मानकों पर कोई समझौता न हो। अन्य जरूरी काम भी बाकीधार रेलवे स्टेशन परिसर में प्लेटफॉर्म विस्तार, ट्रैक बैलेंसिंग और सिग्नल सिस्टम सहित अन्य संरचनात्मक कार्य एक साथ चल रहे हैं। बारिश के कारण अधूरे रह गए पुलों और अन्य कार्यों को 28 फरवरी तक पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। परियोजना में सबसे चुनौतीपूर्ण कार्य पीथमपुर के पास लगभग तीन किलोमीटर लंबी टनल का निर्माण है, जो अभी अंतिम चरण में है। इसके अलावा कुछ स्थानों पर रेल ओवरब्रिज और एप्रोच रोड का कार्य भी शेष है, जिसे तेजी से पूरा किया जा रहा है। इंजीनियरिंग टीम लगातार कार्यों की निगरानी कर रही है, जिससे किसी भी स्तर पर देरी न हो। यह पूरी परियोजना प्रधानमंत्री पोर्टल की निगरानी में है, जिसके चलते रतलाम मंडल से लेकर मुंबई स्तर तक के अधिकारी समय-समय पर निरीक्षण कर रहे हैं। इंदौर-दाहोद रेल लाइन शुरू होने से धार, पीथमपुर और आसपास के क्षेत्रों में औद्योगिक, व्यापारिक और सामाजिक गतिविधियों को नई गति मिलेगी। इससे रोजगार के अवसर बढ़ेंगे और यात्रियों को तेज, सुरक्षित व सुविधाजनक रेल सेवा उपलब्ध हो सकेगी।
प्रतापगढ़ के नगर कोतवाली क्षेत्र स्थित पूरे केशवराव गांव के सिद्धेश्वर नाथ धाम मंदिर से दिनदहाड़े दानपात्र चोरी हो गया। यह पूरी घटना मंदिर परिसर में लगे सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गई है। जानकारी के अनुसार, रविवार दोपहर को एक अज्ञात व्यक्ति मंदिर परिसर में पहुंचा। मौका पाकर उसने वहां रखा दानपात्र उठा लिया और फरार हो गया। घटना के समय मंदिर में श्रद्धालुओं की अधिक भीड़ नहीं थी। मंदिर प्रबंधन को जब दानपात्र गायब होने की जानकारी मिली, तो उन्होंने सीसीटीवी फुटेज खंगाले। फुटेज में एक संदिग्ध युवक दानपात्र ले जाते हुए स्पष्ट रूप से दिखाई दे रहा है। स्थानीय ग्रामीणों ने इस घटना की सूचना पुलिस चौकी को दी। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और मामले की जांच-पड़ताल शुरू कर दी है। पुलिस सीसीटीवी फुटेज के आधार पर आरोपी की पहचान करने का प्रयास कर रही है। मंदिर में हुई इस चोरी की घटना से क्षेत्रीय लोगों में चिंता है। ग्रामीणों ने पुलिस से जल्द से जल्द मामले का खुलासा करने की मांग की है।
लखनऊ में एक टीचर ने अपनी छात्रा से दुष्कर्म किया है। 13 साल की दलित छात्रा ने यह भी आरोप लगाया है कि वह दुष्कर्म के बाद प्रेग्नेंट हो गई। इस पर आरोपी टीचर ने उसका गर्भपात भी कराया। कई दिनों तक लगातार दुष्कर्म करता रहा। इसका विरोध करने पर जीवन बर्बाद करने की धमकी दी। मामला सुशांत गोल्फ सिटी थाना क्षेत्र का है। थाने में पीड़िता के पिता ने शिकायत दी जिसके बाद पुलिस ने आरोपी के खिलाफ दुष्कर्म और एससी-एसटी एक्ट सहित कई गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया। उसे गिरफ्तार कर हवालात में भी डाल दिया। पीड़िता का मूल जिला बिजनौर और आरोपी बांदा का रहने वाला है। 9वीं की छात्रा है पीड़िता पीड़िता अपने परिवार के साथ सुशांत गोल्फ सिटी थाना क्षेत्र में रहती है। वह कक्षा-9 की छात्रा है। उसके माता-पिता सरकारी सेवा में कार्यरत हैं। पीड़िता के पिता ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि आरोपी टीचर इस समय अवध विहार योजना स्थित गोमती एन्क्लेव में रहता है। वह मूलरूप से बांदा जिले के बबेरू का रहने वाला है। बेटी को ट्यूशन पढ़ाने आता था। उसी दौरान वह दुष्कर्म भी करता रहा। 20 दिन में कई बार दुष्कर्म किया आरोप है कि 22 जनवरी को किशोरी के माता-पिता दफ्तर गए थे। दादी घर के बाहर धूप में बैठी थीं। तभी किशोरी को घर में अकेला पाकर आरोपी ने उसके साथ दुष्कर्म किया। विरोध करने पर जीवन खराब करने की धमकी दी। लोकलाज के चलते किशोरी शांत हो गई। इसके बाद आरोपी ट्यूशन पढ़ाने के बहाने दोपहर में आने लगा और ब्लैकमेल करते हुए 12 फरवरी तक कई बार दुष्कर्म किया। इन 20 दिनों के दुष्कर्म से किशोरी गर्भवती हो गई तो दवा देकर उसका गर्भपात करा दिया। जीवन बर्बाद करने की धमकी देता रहा। गर्भपात के बाद उसकी तबीयत बिगड़ी तो उसने मां को सारी बात बताई। माता-पिता ने पुलिस को लिखित शिकायत दी। डीसीपी साउथ निपुण अग्रवाल ने बताया कि गंभीर धाराओं में रिपोर्ट दर्ज कर आरोपी की गिरफ्तारी के लिए 4 टीमें गठित की गईं। उसे गिरफ्तार कर लिया है।
गोरखपुर के वार्ड नंबर 70 स्थित बुद्ध नगर कॉलोनी में जलभराव की गंभीर समस्या सामने आई है। कॉलोनी की सड़कों पर नाली का गंदा और बदबूदार पानी महीने भर से भरा पड़ा है। वहां रहने वाले करीब 100 से 200 लोग रोजाना परेशान हो रहे हैं। लोगों का कहना है कि कई दिनों से हालात ऐसे ही बने हुए हैं। लोग बोले नगर निगम की ओर से कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया है। कॉलोनी के मुख्य रास्ते पर पानी जमा होने की वजह से लोगों को उसी गंदे पानी से होकर आना-जाना पड़ता है। सुबह स्कूल जाने वाले छोटे-छोटे बच्चे हाथ में जूते लेकर निकलते हैं। वे पहले गंदे पानी से होकर सड़क तक पहुंचते हैं और फिर वहां खड़े होकर जूते पहनते हैं। कई बार छोटे बच्चे इसी पानी में फिसलकर गिर भी जाते हैं, जिससे अभिभावकों की चिंता बढ़ गई है। कॉलोनीवासियों ने बताई अपनी परेशानी आदित्य यादव ने बताया- मैं सातवीं क्लास में पढ़ाई करता हूं और रोज सुबह स्कूल जाते समय और स्कूल से आते समय मैले पानी में चलकर जाता हूं क्योंकि मेरा घर रास्ते के बीचों-बीच में है। विजय त्रिपाठी, जो एक स्कूल की प्रबंधक हैं, उन्होंने कहा- मुझे स्कूल के लिए रोज निकलना पड़ता है। कभी-कभी अपनी बाइक नहीं होती है तो मुझे भी इसी गंदे बदबूदार पानी में उतर कर जाना पड़ता है। विजय पाल ने बताया- दिन में कभी चाय पानी का मूड बनता है तो गंदा और बदबूदार पानी देखकर मूड स्विंग हो जाता है। मैं यही चाहता हूं कि स्थानीय पार्षद और नगर निगम अधिकारी इस मामले में ध्यान दें और इसका निवारण करें। दीपक राय ने कहा- कई-कई दिन मैं अपने बालकनी में कैद वाली फील महसूस करता हूं। जरूरत होती है बाहर जाने घूमने की। बाइक या फोर व्हीलर अपनी हो सही रहता है। नीता सिंह, जो किराए के मकान में रहती हैं, उन्होंने बताया, पानी लगने से इस एरिया में कोई फेरीवाला, सब्जीवाला, कभी-कभी तो आरओ का पानी वाला भी नहीं आता है, जिससे हम लोग एक टाइम खाना ही नहीं बना पाते। कॉलोनी की रहने वाली विभा त्रिपाठी ने कहा, मैं भाजपा की एक्टिव कार्यकर्ता हूं। मुझे आए दिन मीटिंग और रैलियों में जाना होता है। जब मैं घर से निकलती हूं तो यहीं आकर किसी बाइक का वेट करती हूं लिफ्ट लेने के लिए। इसी वजह से मैं लेट होती हूं। मैं नगर निगम से कहना चाहती हूं कि जल्द इस समस्या को दूर किया जाए। जानिए पार्षद ने क्या कहा वार्ड के पार्षद धर्मेंद्र सिंह ने बताया कि देवरिया बाईपास रोड पर नाली का निर्माण कार्य चल रहा है। इसी वजह से कॉलोनी की नालियों का पानी ब्लॉक हो गया है। उन्होंने आश्वासन दिया कि जल्द ही इस समस्या का समाधान कर लिया जाएगा। वहीं इस संबंध में नगर आयुक्त गौरव सिंह सोगरवाल से बात करने की कोशिश की गई तो उनकी ओर से कोई जवाब नहीं मिला। कॉलोनीवासियों का कहना है कि जब तक नाली निर्माण कार्य पूरा नहीं होता और जलनिकासी की उचित व्यवस्था नहीं की जाती, तब तक उन्हें इसी तरह परेशानियों का सामना करना पड़ेगा। लोगों ने नगर निगम से जल्द कार्रवाई की मांग की है, ताकि उन्हें इस बदबूदार पानी से राहत मिल सके।
चाइनीज मांझे से कटी डॉक्टर की अंगुली:अलीगढ़ के इमरजेंसी मेडिकल ऑफीसर की हालत गंभीर, दिल्ली रेफर
अलीगढ़ के जिला मलखान सिंह अस्पताल में ड्यूटी पर जा रहे इमरजेंसी मेडिकल ऑफिसर (EMO) डॉ. फारुख अंसारी प्रतिबंधित चाइनीज मांझे की चपेट में आ गए। हादसा इतना खौफनाक था कि अगर डॉक्टर पलक झपकते ही अपना हाथ आगे न करते, तो मांझा उनकी गर्दन रेत देता। खुद को बचाने की में डॉक्टर की छोटी अंगुली लगभग कटकर खाल के सहारे लटक गई। जमालपुर निवासी डॉ. फारुख रविवार को अपनी स्कूटी से ड्यूटी के लिए निकले थे। रसलगंज में अग्रसैन चौक पर अचानक चाइनीज मांझा सामने आ गया। मांझे से गर्दन बचाने के लिए डॉक्टर ने अपना बायां हाथ आगे कर दिया। तेज धार वाले मांझे के कारण छोटी अंगुली कटकर लटक गई। हाथ होने लगा सुन्न मौके पर मौजूद राहगीरों ने लहूलुहान हालत में उन्हें अस्पताल पहुंचाया। प्राथमिक उपचार के बाद जब उनके हाथ में सुन्नपन बढ़ने लगा और हालत बिगड़ने लगी। इस पर उन्हें तुरंत जेएन मेडिकल कॉलेज रेफर किया। मेडिकल कॉलेज से भी उन्हें दिल्ली के अपोलो हॉस्पिटल रेफर कर दिया। नर्व, आर्टरी और टेंडन कटी जिला अस्पताल के CMS डॉ. जगवीर सिंह वर्मा ने बताया कि मांझे ने अंगुली की नर्व, आर्टरी और टेंडन (नसों और मांसपेशियों के जोड़) को पूरी तरह काट दिया है, जिससे संक्रमण का खतरा बढ़ गया है। अब केवल माइक्रो-सर्जरी ही उनकी अंगुली को बचा सकती है। चाइनीज मांझे से हो चुके हैं हादसे अलीगढ़ में चाइनीज मांझे का यह पहला मामला नहीं है। कुछ दिन पहले स्कूटी से जा रही बालिका रामघाट रोड पर गंभीर रूप से घायल हो गई थी। इससे पहले एक व्यक्ति की जान भी जा चुकी है। वहीं, पुलिस–प्रशासनिक स्तर पर प्रतिबंधित मांझे की बिक्री पर अंकुश लगाने के लिए कार्रवाई की गई है।
श्रावस्ती जिले के हरदत्त नगर गिरंट थाना क्षेत्र के भजोरेपुरवा गांव में एक सप्ताह पूर्व हुई किसान नेमराज पाठक की हत्या का मामला अब तक अनसुलझा है। रविवार देर रात करीब दो बजे चार अज्ञात बदमाशों ने घर में घुसकर लूटपाट के दौरान धारदार हथियार से हमला कर नेमराज की हत्या कर दी थी। पुलिस अभी तक हत्यारोपियों का कोई सुराग नहीं लगा पाई है। घटना के समय नेमराज अपने पुत्र सुनील पाठक और बहू लक्ष्मी पाठक के साथ घर में सो रहे थे। आहट सुनकर नेमराज की नींद खुली और उन्होंने बदमाशों का विरोध किया। इसी दौरान बदमाशों ने उन पर धारदार हथियार से ताबड़तोड़ हमला कर दिया। शोर सुनकर सुनील बाहर आया तो बदमाशों ने उसके सिर पर कपड़ा डालकर हाथ-पैर बांध दिए। बहू लक्ष्मी पाठक ने बताया कि ससुर की आवाज सुनकर वह जागीं, लेकिन पति को बदमाशों के कब्जे में देख डर के मारे बेड के नीचे छिप गईं। लक्ष्मी पाठक के अनुसार, चार लोग घर में घुसे थे, जिन्होंने अलमारी और बक्सा खंगाल डाला। बदमाशों के जाने के बाद उन्होंने बाहर निकलकर शोर मचाया और पति के बंधन खोले। सूचना पर पहुंचे ग्रामीणों ने पुलिस को घटना की जानकारी दी। बताया जा रहा है कि बदमाश घर से महज दो हजार रुपये नकद और कुछ सोने-चांदी के जेवरात लूटकर फरार हो गए। लूट की कम रकम को लेकर गांव में तरह-तरह की चर्चाएं हो रही हैं। कुछ ग्रामीण अंदरूनी साजिश की आशंका जता रहे हैं, जबकि कुछ का मानना है कि नेमराज ने आरोपियों को पहचान लिया होगा, जिसके चलते उनकी हत्या की गई। गौरतलब है कि करीब पांच वर्ष पूर्व नेमराज के बड़े बेटे सुशील पाठक लापता हो गए थे। उनकी पत्नी आशा सदमे में कुछ समय बाद चल बसी थीं। इसके बाद परिवार की पूरी जिम्मेदारी नेमराज पर ही थी। आर्थिक रूप से कमजोर यह परिवार छह बीघा खेती के सहारे गुजर-बसर कर रहा था। दो वर्ष पहले ही उन्होंने छोटे बेटे की शादी की थी। एक सप्ताह बीत जाने के बावजूद पुलिस घटना का खुलासा नहीं कर पाई हैं, हालांकि पुलिस का कहना है कि जल्द ही खुलासा किया जाएगा।
जयपुर में हो रही बरसात का असर श्रीगंगानगर जिले में भी देखने को मिल रहा है। सुबह से आसमान साफ है और ठंडी हवाएं चल रही हैं। धूप में भी लोगों को ठंडक का एहसास हो रहा है। दिन का तापमान 31 डिग्री पार कर गया है जो सामान्य तापमान से 6.1 डिग्री ज्यादा है। ऐसे में फसलों को काफी नुकसान की आशंका है। मौसम राडार स्टेशन, श्रीगंगानगर पर सोमवार सुबह न्यूनतम तापमान 13.9 डिग्री रिकार्ड किया गया। रविवार को न्यूनतम तापमान 13.1 डिग्री पर अधिकतम तापमान 31.1 डिग्री रिकार्ड किया गया। वहीं, शनिवार को यहां न्यूनतम तापमान 14.8 डिग्री व अधिकतम तापमान 29.4 डिग्री रिकार्ड किया गया। जिले में पिछले कई दिनों से मौसम लगातार ड्राई बना हुआ है और आगामी एक सप्ताह तक ऐसा ही मौसम बना रहेगा। श्रीगंगानगर में इन दिनों नहरबंदी से किसान सिंचाई के पानी की समस्या से जूझ रहे हैं तो वहीं, बढ़ते तापमान के कारण भी फसल खराबे की अधिक संभावना है। ऐसे से किसानों को दोहरी मार झेलनी पड़ रही है।
लखीमपुर खीरी में 10वीं की बोर्ड परीक्षा देने जा रहे छात्रों से भरी मैजिक की ट्रक से टक्कर हो गई। 10वीं के एक छात्र की मौके पर मौत हो गई। कई गंभीर घायल हैं। मैजिक में ड्राइवर समेत 16 छात्र-छात्राएं सवार थे। टक्कर इतनी भीषण थी कि छात्र-छात्राएं मैजिक में फंस गए। आगे की सीट पर बैठे चंचल नाम के छात्र की मौत हो गई। आगे बैठे अन्य दो छात्रों के पैर टूट गए, सिर फट गए। हाथ में गंभीर चोट आई है। मैजिक का आगे का हिस्सा पूरी तरह से डैमेज हो गया। गाड़ी की छत उड़ गई, स्टेयरिंग टूट गई। आगे लगा शीशा छात्रों के चेहरे में धंस गया। हादसा सोमवार सुबह 7.10 बजे पढ़ुआ थाने में ढखेरवा-धौरहरा हाईवे पर हुआ। हादसे की तस्वीरें… पुलिस के मुताबिक, उमा देवी पब्लिक स्कूल के 16 छात्र-छात्राएं मैजिक वाहन से मां गायत्री विद्या मंदिर में बोर्ड परीक्षा देने जा रहे थे। जीएस सिंह क्रेशर के पास मैजिक और ट्रक की आमने-सामने भिड़ंत हो गई। चीख-पुकार सुनकर आसपास खेतों में काम करने वाले दौड़कर पहुंचे। उन्होंने पुलिस को सूचना दी। अंदर फंसे बच्चों को बाहर निकालने की कोशिश की, लेकिन मैजिक के पिचक जाने की वजह से उन्हें बाहर निकालना मुश्किल हो गया। थोड़ी देर में पुलिस पहुंची। इसके बाद मैजिक के दरवाजों को तोड़कर अंदर फंसे बच्चों को बाहर निकाला। पुलिस ने घायल बच्चों को अस्पताल भिजवाया। छात्र शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया। खबर लगातार अपडेट की जा रही है….
उन्नाव में नगर पालिका परिषद गंगाघाट के नए कार्यालय भवन निर्माण को शासन से स्वीकृति मिल गई है। मुख्यमंत्री वैश्विक नगर योजना के तहत इस परियोजना के लिए 8.5 करोड़ रुपये स्वीकृत किए गए हैं। लगभग 20 हजार वर्गफुट क्षेत्र में दो मंजिला अत्याधुनिक भवन बनाया जाएगा, जिससे पालिका की कार्यप्रणाली में सुधार की उम्मीद है। वर्तमान में पालिका कार्यालय पंप हाउस परिसर में संचालित हो रहा है, जहां जगह की कमी के कारण कर्मचारियों और आम जनता दोनों को असुविधा हो रही थी। सीमित स्थान के चलते कार्यालयी व्यवस्थाएं प्रभावित हो रही थीं। इस समस्या के समाधान के लिए पालिकाध्यक्ष कौमुदी पांडे और अधिशासी अधिकारी (ईओ) ने नए भवन के निर्माण का प्रस्ताव शासन को भेजा था। प्रस्ताव के बाद, पिछले वर्ष नगर निकाय निदेशालय, लखनऊ की प्रोजेक्ट मैनेजमेंट यूनिट की तीन सदस्यीय टीम ने स्थल का निरीक्षण कर रिपोर्ट शासन को सौंपी थी। हाल ही में सर्वे का कार्य भी शुरू किया गया था। शासन से औपचारिक स्वीकृति मिलने के बाद, निर्माण कार्य की जिम्मेदारी उत्तर प्रदेश जल निगम की इकाई, सीएनडीएस (कंस्ट्रक्शन एंड डिजाइन सर्विसेज) को सौंपी गई है। कार्यदायी संस्था ने मृदा परीक्षण, ड्रॉइंग और विस्तृत सर्वे का काम तेजी से शुरू कर दिया है। अधिकारियों के अनुसार, निर्माण कार्य जल्द ही धरातल पर दिखाई देने लगेगा। नए भवन के निर्माण से जनता को अपनी समस्याओं के समाधान के लिए एक स्थायी और सुव्यवस्थित मंच मिलेगा। प्रस्तावित भवन अत्याधुनिक सुविधाओं से सुसज्जित होगा। दो मंजिला इस भवन में सभी विभागों के लिए अलग-अलग कक्ष बनाए जाएंगे। डिजिटल रिकॉर्ड प्रबंधन के लिए कंप्यूटरीकृत सिस्टम और ई-लाइब्रेरी की व्यवस्था की जाएगी, जिससे दस्तावेजों का सुरक्षित और कुशल प्रबंधन सुनिश्चित होगा। साथ ही दिव्यांगजन के लिए रैंप, विशेष शौचालय और सुगम आवागमन की व्यवस्था भी सुनिश्चित की जाएगी। पालिका प्रशासन का कहना है कि यह भवन न केवल प्रशासनिक कार्यों को गति देगा, बल्कि गंगाघाट क्षेत्र के शहरी विकास की दिशा में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि साबित होगा। निर्माण कार्य पूरा होने के बाद नागरिकों को पारदर्शी, सुलभ और तकनीक-संचालित सेवाएं उपलब्ध कराई जा सकेंगी।
हरियाणा के नूंह जिले में केएमपी एक्सप्रेसवे और गांव रेवासन के बीच एक खाली खेत में अज्ञात व्यक्ति का गला-सड़ा शव मिलने से सनसनी फैल गई। देर शाम खेत के पास से गुजर रहे ग्रामीणों को तेज बदबू आने पर जब उन्होंने आसपास देखा तो मिट्टी में दबा हुआ शव दिखाई दिया। ग्रामीणों ने तुरंत पुलिस को सूचना दी। ग्रामीणों में चर्चा है कि हत्या के बाद ही शव को जमीन में दफनाया गया है। सूचना मिलते ही थाना रोजका मेव पुलिस टीम मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लिया। प्रारंभिक जांच में शव कई दिन पुराना प्रतीत हो रहा है। शव की हालत इतनी खराब थी कि मौके पर उसकी पहचान नहीं हो सकी। पुलिस ने बताया कि शव को पोस्टमार्टम के लिए शहीद हसन खान मेडिकल कॉलेज नलहड़ भेजा गया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट से ही मोत के कारणों का खुलासा होगा। एफएसएल टीम ने जुटाए साक्ष्य मामले की गंभीरता को देखते हुए एफएसएल टीम को भी मौके पर बुलाया गया। टीम ने घटनास्थल से आवश्यक साक्ष्य एकत्र किए और आसपास के क्षेत्र की बारीकी से जांच की। पुलिस का कहना है कि मौत के कारणों का स्पष्ट खुलासा पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही हो सकेगा। गुमशुदगी रिपोर्टों का मिलान जारी फिलहाल, पुलिस आसपास के थानों में दर्ज गुमशुदगी की रिपोर्टों का मिलान कर रही है ताकि शव की पहचान की जा सके। इसके साथ ही, ग्रामीणों से भी पूछताछ की जा रही है ताकि घटना के बारे में कोई सुराग मिल सके। जांच में जुटी पुलिस, ग्रामीणों में दहशत इस घटना के बाद गांव रेवासन और आसपास के इलाकों में दहशत का माहौल है। थाना रोजका मेव पुलिस का कहना है कि मामले की जांच हर पहलू से की जा रही है और जल्द ही सच्चाई सामने लाने का प्रयास किया जाएगा।
कोटा के गुमानपुरा थाना क्षेत्र में देर रात पुरानी रंजिश के चलते एक युवक पर हमला किए जाने का मामला सामने आया है। घटना में गंभीर रूप से घायल युवक की इलाज के दौरान मौत हो गई। मृतक की पहचान धीरज सुमन उर्फ बिजली बादशाह के रूप में हुई है। जानकारी के अनुसार देर रात धीरज सुमन पर तीन से चार युवकों ने धारदार हथियारों से हमला कर दिया। हमले में युवक का गला काट दिया गंभीर रूप से घायल हो गया, जिसे तत्काल एमबीएस हॉस्पिटल में भर्ती करवाया गया। डॉक्टरों की टीम ने युवक का इलाज शुरू किया, लेकिन देर रात उपचार के दौरान उसने दम तोड़ दिया। बताया जा रहा है कि मृतक धीरज सुमन करीब छह से सात महीने पहले ही जेल से रिहा होकर आया था। वह पूर्व में हत्या के एक मामले में जेल में बंद रहा था। प्रारंभिक जानकारी में सामने आया है कि मारपीट करने वाले युवक मृतक के परिचित बताए जा रहे हैं। घटना के पीछे पुरानी रंजिश को कारण माना जा रहा है। गुमानपुरा थाना अधिकारी महेश कारगवाल ने बताया कि आपसी कहासुनी के बाद विवाद बढ़ा, जिसके चलते युवक के साथ मारपीट की गई। घायल अवस्था में उसे हॉस्पिटल पहुंचाया गया, जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है और आरोपियों की तलाश शुरू कर दी है। फिलहाल शव को पोस्टमार्टम के लिए एमबीएस हॉस्पिटल के पोस्टमार्टम रूम में रखवाया गया है। परिजनों की मौजूदगी में शव का पोस्टमार्टम करवा कर शव परिजनों को सौंप दिया जाएगा। पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी हुई हैं।
भदोही जिले के धसकरी गांव में कमलाकांत दुबे हत्याकांड के एक फरार अभियुक्त को गुजरात से गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने अंकित यादव उर्फ लवकुश नामक इस अभियुक्त को सूरत से पकड़ा है। यह घटना 10 दिसंबर 2025 की रात करीब 10 बजे हुई थी। भदोही पुलिस को सूचना मिली थी कि कमलाकांत दुबे को एक वाहन ने टक्कर मार दी, जिससे उनकी मृत्यु हो गई। स्थानीय पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज खंगाला, जिससे पता चला कि यह टक्कर जानबूझकर हत्या के इरादे से मारी गई थी। जांच में सामने आया कि कमलाकांत दुबे ने अपने ही गांव के प्रधान के खिलाफ वित्तीय अनियमितताओं की शिकायत जिलाधिकारी से की थी, जिसके बाद प्रधान की वित्तीय शक्तियों पर रोक लगा दी गई थी। इस मामले में पहले ही चार अभियुक्तों - मेहीलाल यादव, मुन्ना लाल यादव, सुजीत यादव और मनीष कुमार यादव - के खिलाफ मामला दर्ज किया गया था। इन सभी को पुलिस पहले ही गिरफ्तार कर जेल भेज चुकी है। पुलिस अधीक्षक भदोही, श्री अभिमन्यु मांगलिक के निर्देश पर, भदोही पुलिस टीम ने मुखबिर की सूचना पर कार्रवाई करते हुए अंकित यादव उर्फ लवकुश (उम्र लगभग 21 वर्ष, निवासी मीरगंज भटहर, जौनपुर) को गुजरात के सूरत जिले के लिम्बायत थाना क्षेत्र से गिरफ्तार किया। उसे न्यायालय में पेश किया गया है।
उदयपुर के फील्ड क्लब मैदान पर चल रही पिम्स मेवाड़ कप क्रिकेट सीजन 4 में रविवार को दो मुकाबले हुए। संडे होने से ग्राउंड पर बड़ी संख्या में बच्चों से लेकर बड़े शामिल हुए। पेसिफिक हास्पिटल, विनय क्रिकेट क्लब व लीला फाउंडेशन के संयुक्त तत्वावधान में चल रही प्रतियोगिता में पहले मुकाबले में सितारों से ओतप्रोत दिल्ली चैलेंजर्स की टीम ने ध्रूव सिंह के छह छक्कों व छह चौकों की ममद 41 गेंदों में बनाए 84 रन की मदद से आठ विकेट खोकर 172 रन बनाए। इरफान ने 22 रन देकर पांच विकेट झटके। जवाब में उदयपुर वारियर्स की टीम ने समर्थ व्यास के 26 बॉल में आठ छक्कों और सात चौकों की मदद से बनाए 82 रन की मदद से मात्र छह विकेट खोकर 15.4 ओवर में जीत का लक्ष्य हासिल कर लिया। दोपहर बाद खेले गए दूसरे मुकाबले में बालाजी कंट्रक्शन की टीम ने पहले बल्लेबाजी करते 17.2 ओवर में 128 रन बनाए। जीसीए के अजय ने 25, हर्ष त्यागी व अंकित ने 27-27 रन का योगदान दिया। रवि बिश्नोई ने दो विकेट हासिल किए। जवाब में जीसीए ने मात्र 11.3 ओवर में तीन विकेट खोकर 131 रन बनाकर मुकाबला अपने नाम कर दिया। हर्षल ने पांच छक्कों की मदद से 13 बॉल में 41, स्मित पटेल ने 21 बॉल पर 34 और अहान पोद्दार ने 22 बॉल पर 34 रन बनाए।
मुख्य सड़क पर जंगली पौधों का जमाव:सोहनपुर के ग्रामीणों को आवागमन में परेशानी, हादसे की आशंका
ग्राम सभा सोहनपुर को सोहनपुर बाजार और बाईपास हाईवे से जोड़ने वाली मुख्य सड़क इन दिनों जंगली पौधों और झाड़ियों से ढकी हुई है। सड़क के दोनों किनारों पर घनी झाड़ियां उग आई हैं, जो बीच रास्ते तक फैल गई हैं। इसके कारण स्थानीय लोगों को आवागमन में भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। ग्रामीणों के अनुसार, लंबे समय से सफाई न होने के कारण यह मार्ग संकरा और असुरक्षित हो गया है। शाम के समय झाड़ियों के कारण दृश्यता कम हो जाती है, जिससे दुर्घटनाओं की आशंका बढ़ गई है। स्थानीय ग्रामीण विश्वनाथ यादव ने बताया कि इस समस्या के बारे में ग्राम प्रधान को सूचित किया जा चुका है, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है। उन्होंने कहा कि यह सड़क बाजार और हाईवे तक पहुंचने का मुख्य मार्ग है, जिसका उपयोग रोजाना बड़ी संख्या में लोग करते हैं। स्कूल जाने वाले बच्चों, किसानों और दुकानदारों को विशेष रूप से इस मार्ग पर आवागमन में कठिनाई हो रही है। ग्रामीणों ने प्रशासन से जल्द से जल्द सड़क की सफाई कराने और इसे सुरक्षित बनाने की मांग की है, ताकि लोगों को राहत मिल सके और संभावित हादसों से बचा जा सके।
पुलिस ने 51 लीटर शराब के साथ दो तस्कर पकड़े:चंदौली बिहार ले जाई जा रही थी 50 हजार से अधिक की खेप
चंदौली जिले के मुगलसराय कोतवाली पुलिस ने जांच के दौरान दो संदिग्ध युवकों को हिरासत में लिया। उनके पास से विभिन्न ब्रांड की 51 लीटर शराब बरामद हुई, जिसकी अनुमानित कीमत 50 हजार रुपये से अधिक है। आरोपी इस शराब को ट्रेन के माध्यम से बिहार ले जाने की फिराक में थे। मुगलसराय कोतवाल संतोष कुमार सिंह अपनी टीम के साथ कस्बे में गश्त कर रहे थे। इसी दौरान नगर के डीलक्स शौचालय के पास बैग लिए दो संदिग्ध युवक दिखे। पुलिसकर्मियों ने सतर्कता दिखाते हुए उन्हें रोका और पूछताछ के लिए हिरासत में ले लिया। युवकों के बैग की तलाशी लेने पर कुल 51 लीटर अंग्रेजी शराब मिली। बरामद शराब की कीमत 50 हजार रुपये से अधिक आंकी जा रही है। हिरासत में लिए गए तस्करों की पहचान बिहार के पटना जनपद निवासी सागर कुमार और मनोज कुमार के रूप में हुई है। पूछताछ में उन्होंने बताया कि वे अंग्रेजी शराब की दुकानों से फुटकर में शराब खरीदकर इकट्ठा करते थे। इसके बाद वे बैग में भरकर ट्रेन के जरिए बिहार राज्य के कई शहरों में शराब की खेप पहुंचाते थे। वहां शराब बेचने से उन्हें अच्छा मुनाफा होता था, जिससे वे अपने महंगे शौक पूरे करते थे। पुलिस की सक्रियता से उनकी यह योजना विफल हो गई। पुलिस टीम में मुगलसराय कोतवाल संतोष कुमार सिंह के साथ सुभाष प्रसाद और अभिषेक दुबे शामिल थे।
सोनीपत जिले में हरियाणा पुलिस के असिस्टेंट सब-इंस्पेक्टर ने रविवार सुबह करीब 12.30 पर अपने सरकारी क्वार्टर में सर्विस रिवॉल्वर से खुद को गोली मारकर आत्महत्या की। घटना के समय उनकी पत्नी घर पर ही मौजूद थी। गोली लगने से उनकी मौके पर ही मौत हो गई। उनका बेटा इंग्लैंड में पढ़ाई कर रहा है और आज सोमवार को उनके बेटे के भारत पहुंचने के बाद ही शव का पोस्टमार्टम कराया जाएगा, जिसके बाद अंतिम संस्कार किया जाएगा। ड्यूटी से लौटकर खुद को मारी गोली मृतक ASI जसबीर सिंह (45) शनिवार देर रात करीब 12 बजे ड्यूटी से लौटकर पुलिस लाइन स्थित अपने क्वार्टर (B-1) पहुंचे थे। उनके घर आने के बाद पत्नी रसोई में खाना बनाने चली गईं। इसी दौरान कमरे से अचानक गोली चलने की तेज आवाज आई। आवाज सुनकर पत्नी जब भागकर कमरे में पहुंची, तो जसबीर सिंह फर्श पर लहूलुहान हालत में पड़े थे। उन्होंने अपनी सर्विस रिवॉल्वर से कनपटी पर गोली मारी थी। पत्नी ने सिर से बह रहे खून को रोकने के लिए चुन्नी भी बांधी, लेकिन अत्यधिक रक्तस्राव के कारण उनकी मौके पर ही मौत हो गई। पुलिस और फोरेंसिक टीम ने जुटाए साक्ष्य सूचना मिलते ही पुलिस अधिकारी और फोरेंसिक टीम मौके पर पहुंची। घटनास्थल से सर्विस रिवॉल्वर को कब्जे में लिया गया। टीम ने कमरे से साक्ष्य एकत्र किए और पूरे घटनाक्रम की बारीकी से जांच की। सुसाइड नोट नहीं मिला, कॉल रिकॉर्ड की जांच मौके से कोई सुसाइड नोट बरामद नहीं हुआ है। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, मृतक की पत्नी के बयान दर्ज किए जा रहे हैं और उनके मोबाइल फोन व कॉल रिकॉर्ड की जांच भी की जाएगी। फिलहाल आत्महत्या के कारणों का पता नहीं चल सका है। दो साल से पुलिस लाइन में थे तैनात जसबीर सिंह सोनीपत के सिटावली गांव के रहने वाले थे और पिछले दो वर्षों से पुलिस लाइन में तैनात थे। वर्तमान में उनकी ड्यूटी ट्रैफिक विंग में लगी हुई थी। वे परिवार सहित पुलिस लाइन के क्वार्टर में रह रहे थे।मृतक के परिवार में पत्नी, एक बेटा और एक बेटी हैं। करीब एक वर्ष पहले उन्होंने अपनी बेटी की शादी की थी। उनका बेटा अतुल इंग्लैंड में रहकर पढ़ाई कर रहा है। पिता की मौत की सूचना मिलते ही वह भारत के लिए रवाना हो गया है। बेटे के आने के बाद होगा पोस्टमार्टम पुलिस अधिकारियों के मुताबिक, शव को सिविल अस्पताल की मॉर्च्युरी में सुरक्षित रखवाया गया है। सोमवार को बेटे के भारत पहुंचने के बाद पोस्टमार्टम कराया जाएगा और उसके बाद अंतिम संस्कार की प्रक्रिया पूरी की जाएगी।
सिरसा जिले में दो ग्राम पंचायतों के अजीब फरमान जारी किए गए हैं। इसे लेकर पंचायतों के दो लेटर भी सोशल मीडिया पर वायरल है। पंचायत ने भिखारियों के आने पर रोक लगा दी है और मंगलमुखी समाज को भी बधाई देने पर निर्धारित किया है। खास बात है कि ऑनलाइन सामान का पार्सल देने वालों की भी गांव में एंट्री पर बैन लगा दिया है। गांव के बाहरी ओर खड़ा होना होगा, जिसका पार्सल उसे वहीं पर बुलाए। इसे लेकर पंचायत की ओर से गांव में ग्रामीणों के साथ मीटिंग की गई, जिसमें इसे फैसल पर सहमति बनी। इसके बाद पंचायत ने ये आदेश जारी किए। पंचायत की ओर से गांव में जगह-जगह नोटिस बोर्ड भी लगाए जाएंगे, ताकि बाहर से आने वाले लोगों को पता चल सकें। कोई भी नियमों की अवहेलना करेगा तो उसे पर जुर्माना लगाया जाएगा। इसके अलावा गांव में लाउड स्पीकर बजाने वालों पर भी रोक लगाने पर सहमति बनी है। जब इस बारे में पंचायतों से बात की गई तो उन्होंने बताया कि इन दिनों बच्चे किडनेपिंग केस या ठगी की घटनाएं ज्यादा होने लगी है। इसे देखते हुए यह फैसला लिया गया है। किस पंचायत ने क्या आदेश जारी किए ग्राम पंचायत कागदाना की सरपंच प्रोमिला देवी की ओर से जारी पत्र में लिखा है कि 22 तारीख को ग्राम ज्ञान केंद्र में बैठक हुई, जिसमें कई मुद्दों पर सहमति बनी। नशा मुक्त कागदाना, मंगता-भिखारी गांव में न आए, मंगलमुखी समाज को केवल 1100 रुपए देने हैं, डीजे का समय रात्रि 10 बजे केवल, सभी गांव के छोटे बच्चों व युवा वर्ग का ध्यान रखा जाए। ग्राम पंचायत नेजियाखेड़ा के सरपंच सोनू कालेरा की ओर से जारी पत्र में लिखा है कि सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया है कि गांव में कोई भी अनजान लोगों को प्रवेश वर्जित है। गांव में प्रेशर हॉर्न व लाउडस्पीकर बजाना मना है। नियमों की अवहेलना करने वालों पर जुर्माना लगाया जाएगा। मंगलमुखी समाज को बधाई के रूप में 1100 रुपए दिए जाएंगे। फसल कटाई का समय आने वाला- सरपंच मामले में कागदाना की सरपंच प्रोमिला देवी का कहना है कि अब आगे फसल कटाई का समय आने वाला है। गांव में बहुत कम लोग रहते हैं और सब खेत में चले जाते हैं। पीछे से घरों में महिलाएं अकेली होती है और कुछ घरों में कोई नहीं होता। ऐसे में बाहर के लोग गांव में आते हैं, तो चोरी या कोई वारदात होने का डर रहता है। ग्रामीणाें का आरोप है कि कुछ लोग मंगलमुखी बनकर आते हैं, जो असली नहीं होते। वे बधाई के नाम पर लोगों से पैसे लेने के लिए जिद करते हैं। गोशाला में कर सकते है दान- सोनू कालेरा नेजियाखेड़ा सरपंच सोनू कालेरा का कहना है कि पंचायत गांव के साथ है और पंचायत सदैव तत्पर रहेगी, कोई भिखारी नहीं आएगा। वरना उसके साथ कड़ा रूख अपनाया जाएगा। ग्रामीण बोले कि इन दिनों गांवों में बच्चे किडनेपिंग की घटनाएं ज्यादा होने लगी है। गांव के लोग फसल कटाई सीजन में खेत में चले जाते हैं। पीछे से बाहर से आने वाले लोग घरों में महिलाओं को अकेले देखकर वारदात को अंजाम देते हैं। किसी को दान-पुन: करना है, तो वह गोशाला में कर सकता है। अन्य पंचायतों के भी इस तरह के फरमान जारी सिरसा जिले में इससे पहले कुछ अन्य ग्राम पंचायतों की ओर से भी इस तरह के फरमान जारी हो चुके हैं। गांव में चोरी करते हुए बाहर के लोग सरेआम पकड़े गए थे और मंगलमुखी बनकर आए लोगों द्वारा छीनाझपटी की वारदात सामने आई थी, जिसके बाद यह फैसला लिया गया। ग्रामीणों का दावा है कि गांव में इसके बाद वारदात में कमी आई है।
नर्मदापुरम के गोरा चीलाचौन स्थित एकलव्य वेयरहाउस से 4.22 करोड़ रुपए की सरकारी मूंग गायब होने के मामले में पुलिस ने संचालिका को इंदौर से हिरासत में ले लिया है। पुलिस आरोपी संचालिका आरती नरेंद्र तोमर से मामले में पूछताछ कर रही है। वेयरहाउस में लगे सीसीटीवी कैमरे की डीवीआर और अन्य दो आरोपियों को भी पुलिस ढूंढ रही है। नोटिस देकर मांगा था जवाबमप्र वेयर हाउसिंग एंड लाजिस्टिक कारपोरेशन के क्षेत्रीय प्रबंधक अतुल सोरटे ने एकलव्य वेयरहाउस को ब्लैक लिस्टेड कर दिया है। क्षेत्रीय प्रबंधक ने वेयरहाउस संचालिका आरती नरेंद्र तोमर को मूंग गायब होने के मामले में पत्र जारी कर स्पष्टीकरण मांगा था लेकिन उनके द्वारा जवाब नहीं दिया गया। जिस वजह से आगामी आदेश तक भंडारण की व्यवस्था से हटाकर ब्लैक लिस्टेड किया गया। पुलिस ने चलाया सर्च अभियान, नहीं मिली डीवीआर पुलिस ने वेयरहाउस परिसर में सर्च ऑपरेशन चलाया। टीम ने संबंधित कक्ष को खोलकर बारीकी से तलाशी ली। वेयरहाउस कॉरपोरेशन का ओरिजिनल ताला और बड़ी संख्या में खाली बोरे मिले, लेकिन कैमरे की डीवीआर बरामद नहीं हो सका। टीम ने दस्तावेजों और भंडारण से जुड़े रिकॉर्ड की पड़ताल की। प्रारंभिक जांच में स्टॉक और दस्तावेजों के बीच गंभीर विसंगतियों के संकेत मिले हैं। वेयरहाउस संचालिका से पुलिस कर रही सख्त पूछताछ एसडीओपी संजू चौहान ने बताया वेयरहाउस संचालिका को इंदौर से अभिरक्षा में लेकर पूछताछ की जा रही है। अन्य संभावित आरोपियों की तलाश के लिए टीम गठित की है। सूत्रों के अनुसार, मूंग का स्टॉक सरकारी खरीदी से जुड़ा था, जिसकी बाजार कीमत लगभग 4.22 करोड़ रुपए आंकी गई है। इतनी बड़ी मात्रा में अनाज के गायब होने से भंडारण व्यवस्था और निगरानी तंत्र पर सवाल खड़े हो गए हैं। संबंधित विभागों से रिपोर्ट की तलब इधर, प्रशासनिक स्तर पर भी मामले को गंभीरता से लिया गया है। संबंधित विभागों से रिपोर्ट तलब की गई है। पुलिस का कहना है कि साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी और दोषियों के खिलाफ कड़ी धाराओं में प्रकरण दर्ज किया जाएगा। किसान संगठनों और जनप्रतिनिधियों ने पारदर्शी जांच की मांग की है। करोड़ों की सरकारी मूंग गायब होने के मामले की पूरे प्रदेश में चर्चा है।
सड़क हादसे में बाइक सवार पिता-पुत्र और दामाद की मौत हो गई। तेज रफ्तार ट्रैक्टर-ट्रॉली ने बाइक को टक्कर मार दी थी। इस हादसे में भतीजा गंभीर रूप से घायल है। ये सभी लोग ढाबे पर से खाना खाकर एक ही बाइक पर लौट रहे थे। घटना करौली के हिण्डौन सिटी कस्बे की है। एक ही बाइक पर सवार थे 4 लोगहिण्डौन सदर थाना इलाके में रविवार रात साढ़े 9 बजे यह हादसा हुआ। सदर थाना प्रभारी पुरुषोत्तम लाल चौधरी ने बताया कि एक ही बाइक पर चार लोग सवार थे। इसमें अलीपुरा निवासी यशवेंद्र जाटव (50), उनके बेटे गौरव जाटव (13), यशवेंद्र के दामाद जटनगला निवासी धर्मेंद्र जाटव (25) और यशवेंद्र के भतीजे मुनीम जाटव पनबेड़ा गांव में एक ढाबे से खाना खाकर अलीपुरा लौट रहे थे। तभी ट्रैक्टर-ट्रॉली ने चपेट में ले लिया। एक गंभीर घायल, हॉस्पिटल में भर्तीहादसे के बाद ट्रैक्टर ड्राइवर मौके से भाग गया। हादसे में यशवेंद्र, गौरव और धमेंद्र जाटव की मौत हो गई। वहीं मुनीम गंभीर रूप से घायल हो गया। उसका जिला अस्पताल में इलाज चल रहा है। यशवेंद्र और धर्मेंद्र दोनों मजदूरी करते थे। धर्मेंद्र की शादी यशवेंद्र की बेटी रचना से 29 अप्रैल 2025 को हुई थी। फरार ड्राइवर की तलाश में जुटी पुलिस हिण्डौन सदर थाना पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची और चारों को हिण्डौन के जिला अस्पताल पहुंचाया। यहां डॉक्टरों ने जांच के बाद 3 को मृत घोषित कर दिया। सूचना मिलने पर डीएसपी मुनेश कुमार मीणा और सदर थाना प्रभारी पुरुषोत्तम लाल चौधरी भी मौके पर पहुंचे। सदर थाना प्रभारी चौधरी ने बताया कि फरार ट्रैक्टर ड्राइवर की तलाश की जा रही है। -------------- राजस्थान में एक और हादसे की खबर पढ़िए… ट्रेलर में पीछे से घुसा डंपर, ड्राइवर जिंदा जला; नेशनल हाईवे पर डेढ़ घंटे लगा जाम कोटपूतली-बहरोड़ में ट्रेलर में पीछे से डंपर घुस गया। टक्कर इतनी भीषण थी कि डंपर का डीजल टैंक फट गया और उसमें आग लग गई। हादसे में केबिन में फंसा डंपर ड्राइवर जिंदा जल गया। पढ़ें पूरी खबर...
राजस्थान के बाड़मेर नशे का नेटवर्क लगातार उजागर हो रहा है। अब तक सात ड्रग फैक्ट्रियां पकड़ी जा चुकी हैं। फरवरी महीने की चौथी बड़ी कार्रवाई करते हुए ANTF ने चौहटन थाना इलाके रोहड़ियों का तला बावड़ी कल्ला में करोड़ों की एमडी ड्रग्स और कैमिकल व मशीनरी बरामद की है। एक आरोपी को डिटेन किया है। फिलहाल टीम चौहटन पुलिस के साथ का सर्च ऑपरेशन जारी है। एसपी नरेंद्र सिंह मीना ने बताया- एनएनटीएफ को सूचना मिली थी कि चौहटन इलाके में एमडी बनाने की फैक्ट्री है। इस पर बाड़मेर एएनटीएफ टीम ने चौहटन पुलिस के सहयोग से रोहड़िंया का तला बावड़ी धोरों के बीच गुप्त रूप से एमडी बनाने के लिए फैक्ट्री पर दबिश दी। बाड़मेर में सातवीं ड्रग फैक्ट्री का खुलासा पुलिस की संयुक्त कार्रवाई में बड़े स्तर पर एमडी ड्रग, केमिकल और उपकरण बरामद किए गए हैं। पहली कार्रवाई (10 सितंबर 2024)डायरेक्टोरेट ऑफ रेवेन्यू इंटेलिजेंस (DRI) ने बाड़मेर पुलिस की मदद से रामसर क्षेत्र में संचालित एक ड्रग फैक्ट्री का भंडाफोड़ किया। यहां एमडी ड्रग बनाई जा रही थी। जांच में सामने आया कि नेटवर्क का संचालन पाकिस्तान के तनवीर शाह द्वारा किया जा रहा था, जबकि भारत में इसकी कमान कनाडा से जोबन कालर संभाल रहा था। दूसरी कार्रवाई (22 जुलाई 2025)सेड़वा इलाके में धोरों के बीच ढाणियों में चल रही एक और ड्रग फैक्ट्री पकड़ी गई। इस मामले में बाड़मेर पुलिस नौ से अधिक आरोपियों को गिरफ्तार कर चुकी है। तीसरी कार्रवाई (19 जुलाई 2025)डीएसटी टीम ने सदर थाना क्षेत्र के आदर्श चवा इलाके में एमडी फैक्ट्री का खुलासा किया। मौके से भारी मात्रा में मशीनरी, केमिकल और तैयार एमडी बरामद की गई। चौथी कार्रवाई (5 फरवरी 2026)सेड़वा के भैरूड़ी गांव में एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स (ANTF) और बाड़मेर पुलिस ने संयुक्त कार्रवाई कर ड्रग फैक्ट्री पकड़ी। पांचवीं कार्रवाई (16 फरवरी 2026)धोरीमन्ना थाना पुलिस ने एक मकान पर दबिश देकर ड्रग बनाने में प्रयुक्त केमिकल बरामद किया। फैक्ट्री संचालन के लिए बिजली कनेक्शन भी लिया गया था। छठी कार्रवाई (22 फरवरी 2026)सेड़वा पुलिस ने सिंहार गांव के धोरों में गुप्त रूप से बनाए गए कमरे से एमडी, केमिकल और उपकरण बरामद किए। जांच एजेंसियां नेटवर्क से जुड़े अन्य संदिग्धों की तलाश में जुटी हैं। --- संबंधित ये खबर भी पढ़ें … छाछ बनाने वाली मशीन से बना रहे थे MD ड्रग्स:खेत में पेड़ों की ओट में चल रही थी नशा बनाने की फैक्ट्री बाड़मेर में तस्कर देशी तरीके से एमडी ड्रग्स बना रहे थे। पुलिस को चकमा देने के पेड़ों की ओट में फैक्ट्री बनाई थी। छाछ बनाने वाली मशीन से MD ड्रग्स तैयार करते थे। पूरी खबर पढ़िए
दिल्ली स्थित हिमाचल भवन में आधी रात पुलिस रेड का वीडियो सोशल मीडिया में खूब वायरल हो रहा है। इसमें देखा जा सकता है कि हिमाचल भवन में ठहरे लोगों के विरोध के बाद पुलिस वापस लौट रही है। वायरल वीडियो में एक व्यक्ति कह रहा है कि कि उनके (पुलिस) पास इस तरह सरकारी जगह पर जाने के लिए कौन सा वारंट है। इस तरह से कैसे जा सकते हैं। एडवोकेट के लिबास में एक महिला कह रही कि यह उनका कमरा है। पुलिस उनके कमरे में घुसी। महिला सामने खड़े व्यक्ति से पूछती हैं कि ‘सर, आपने इनको मेरे कमरे में घुसने की परमिशन कैसे दी’। वह पूछ रही हैं कि महिला पुलिस कर्मी कहां हैं? एक व्यक्ति कह रहा हैं कि समय तो देखिए, सवा 12 बज रहे हैं। यह वीडियो शनिवार आधी रात का है। हिमाचल भवन में हड़कंप हिमाचल भवन में दिल्ली पुलिस की आधी रात एंट्री से हड़कंप मच गया। वहां ठहरे लोगों ने इस पर एतराज जताया। इस दौरान लोगों और पुलिस के बीच बहसबाजी भी हुई। इसका वीडियो अब सोशल मीडिया में चर्चा का कारण बना हुआ है। हिमाचल में वीडियो पर गरमाई सियासत इस वीडियो पर हिमाचल में सियासत भी गरमा गई है। धर्मशाला से BJP विधायक सुधीर शर्मा ने कहा कि हिमाचल सरकार रेवेन्यू डेफिसिट ग्रांट (RDG) बहाली की मांग के लिए दिल्ली गई या किसी ओर उद्देश्य से। उन्होंने कहा- यह घटनाक्रम कई शंकाएं खड़ी करता है। इसकी निष्पक्ष जांच होनी चाहिए। वहीं चर्चा यह है कि दिल्ली पुलिस AI समिट के दौरान टी-शर्ट उतारकर प्रदर्शन करने वाले युवा कांग्रेस कार्यकर्ताओं की तलाश में हिमाचल भवन पहुंची थी। मगर इसे लेकर दिल्ली पुलिस का अब तक कोई आधिकारिक बयान नहीं आया।
मुरैना जिले के कैलारस क्षेत्र में नेशनल हाईवे-552 पर युवाओं द्वारा बाइकों से खतरनाक स्टंट किए जा रहे हैं। कैलारस से जौरा तक बाइकर्स गैंग हाईवे पर तेज रफ्तार और जोखिम भरे करतब दिखाते नजर आते हैं। इन स्टंट्स से न केवल उनकी जान जोखिम में पड़ रही है, बल्कि हाईवे से गुजरने वाले अन्य वाहन चालकों की सुरक्षा भी खतरे में है। बताया जा रहा है कि कैलारस कस्बे के कुछ युवा पहले हाईवे पर खतरनाक स्टंट करते हैं, फिर उनके वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर अपलोड करते हैं। खुलेआम हो रहे इन स्टंट्स पर पुलिस और ट्रैफिक प्रशासन की नजर नहीं पड़ रही है। इससे युवाओं का हौसला बढ़ता जा रहा है और वे प्रतिदिन ऐसे करतब दोहरा रहे हैं। लंबे समय से मिल रही शिकायतेंस्थानीय लोगों का कहना है कि मुरैना से लेकर कैलारस और जौरा तक हाईवे पर बाइकर्स गैंग सक्रिय है। वे समूह में स्टंट करते हुए प्रशासन को चुनौती दे रहे हैं। बावजूद इसके न तो ट्रैफिक पुलिस और न ही कैलारस व जौरा पुलिस द्वारा ठोस कार्रवाई की जा रही है। लोगों का कहना है कि यदि समय रहते सख्ती नहीं बरती गई तो कभी भी बड़ा हादसा हो सकता है। एसडीओपी बोले- जांच कर करेंगे कार्रवाईकैलारस एसडीओपी उमेश मिश्रा ने बताया कि हाईवे पर बाइकर्स गैंग द्वारा खतरनाक स्टंट किए जाने की जानकारी उन्हें नहीं थी। उन्होंने कहा कि मामले की जांच कराई जाएगी और यदि ऐसे कृत्य सामने आते हैं तो संबंधित की पहचान कर उनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
संतकबीरनगर के खलीलाबाद शहर स्थित ब्रिटिश मौलाना शमशुल हुदा खान के मदरसा कुल्लियातुल बनातिर रजविया की 125 छात्राओं के डाटा की जांच अल्पसंख्यक कल्याण विभाग द्वारा की जा रही है। विभाग मदरसे में पंजीकृत छात्राओं की संख्या में पाई गई अनियमितता की पड़ताल कर रहा है। विभाग की पहल पर ही 39 छात्राओं ने मदरसा बोर्ड की परीक्षा दी थी। जिला अल्पसंख्यक अधिकारी (डीएमओ) कार्यालय के अनुसार, मदरसा प्रबंधन ने विभाग और न्यायालय को 338 छात्राओं के पंजीकरण की जानकारी दी थी। मदरसा सील होने और पठन-पाठन बंद होने के बाद, जब विभाग ने छात्राओं के डाटा की जांच की, तो यू-डायस पर पंजीकृत छात्राओं की संख्या 213 पाई गई। इसके बाद डीएमओ कार्यालय ने मदरसा प्रबंधन को 125 छात्राओं के संबंध में जानकारी देने के लिए नोटिस भेजकर स्पष्टीकरण मांगा। नोटिस के बावजूद, मदरसा प्रबंधन के जिम्मेदारों ने विभाग को कोई जवाब नहीं दिया है। इस कारण 125 छात्राओं के पंजीकरण की वास्तविक स्थिति स्पष्ट नहीं हो पाई है। वहीं, गबन और अन्य मामलों के आरोपी मौलाना शमशुल हुदा खान विदेश से ही अपने परिजनों को कानूनी दांव-पेंच के संबंध में मार्गदर्शन दे रहे हैं। फरवरी 2024 में, जिलाधिकारी न्यायालय के आदेश पर मदरसे की जमीन को राज्य सरकार के खाते में निहित कर दिया गया था, जिसके बाद तहसील प्रशासन ने मदरसे को सील कर दिया। हालांकि, मदरसा भवन के बगल स्थित खाली जमीन पर नया भवन बनाकर प्रबंधन ने फिर से मदरसे का संचालन शुरू कर दिया। इसकी शिकायत मिलने के बाद नवंबर में जिला अल्पसंख्यक कल्याण विभाग और एसडीएम के नेतृत्व में प्रशासनिक टीम ने इस नए स्थान पर संचालित मदरसे को भी सील कर दिया। एटीएस (एंटी टेररिस्ट स्क्वाड) की जांच रिपोर्ट आने के बाद, डीएमओ ने मौलाना शमशुल हुदा खान के खिलाफ कोतवाली खलीलाबाद में फेमा (विदेशी मुद्रा प्रबंधन अधिनियम) के तहत प्राथमिकी दर्ज कराई थी। इस मामले की जांच अभी भी जारी है। जिला अल्पसंख्यक अधिकारी प्रवीण मिश्र ने बताया कि मदरसा कुल्लियातुल बनातिर रजविया के प्रबंधन ने 338 छात्राओं के पंजीकृत होने की सूचना दी थी। यू-डायस की जांच में केवल 213 छात्राओं का पंजीकरण पाया गया। इस संबंध में प्रबंधन को नोटिस भेजकर स्पष्टीकरण मांगा गया था।
जोधपुर में माली समाज की ओर से होली के दूसरे दिन धूलंडी के मौके पर मंडोर क्षेत्र में रावजी की गैर धूमधाम से निकली जाएगी। इसको लेकर तैयारियों को अंतिम रूप दिया जा रहा है। गेर को लेकर माली समाज के लोगों में अपार उत्साह है। इस कार्यक्रम में बड़ी संख्या में शहर के लोग शामिल होते हैं। जुगल किशोर गहलोत ने बताया कि 333 वर्षों से ये गैर निकाली जा रही है जो बहुत ही शांतिपूर्वक तरीके से निकाली जाती है। इस बार भी राव की गैर मंडावता बेरा मंदिर चौक से पूजा अर्चना कर खोखरिया बेरा पहुंचती है। यहां से गैर को साथ लेकर मंडावता चौराहा होते हुए भिंयाली बेरा, गोपी का बेरा होते हुए फतेहबाग आएगी। उन्होंने दैनिक भास्कर को बताया गैर में चंग की थाप पर गैर की टोलियां नृत्य और गीत गाते हुए शामिल होगी। गेर का समापन मंडोर उद्यान पहुंचने पर होगा। इस तरह से बनता राव बहादुर सिंह गहलोत ने बताया गैर में एक ओर विशेष परंपरा है, जिसके अनुसार ऐसे युवक को राव बनाया जाता है, जो नवविवाहित हो और अच्छी कद-काठी के साथ-साथ नाचने में भी माहिर हो। मंडावता बेरा के शिव मंदिर से अमूमन दोपहर साढ़े तीन बजे बाद गेर का आगाज होता है। यहां से गेर खोखरिया बेरा जाती है तथा वहां के लोगों को साथ लेकर भियाली बेरा, गोपी का बेरा के अंदर से फूलबाग नदी होते हुए फतेहबाग संतोकजी के बेरे पर पहुंचती है। यहां आमली बेरा वाले भी मौजूद रहते हैं। आमली बेरा के दो परिवार बारी-बारी से ही राव का चयन करते हैं। लेकिन खास बात यह है, कि खोखरिया बेरा से ही राव का चयन किया जाता है। वे एक युवक को चुनकर उसकी पीठ पर छापा लगाते हैं। राव तय होने के बाद उसका शृंगार किया जाता है। यहां राव चुनने के बाद गेर आमली बेरा होते हुए लाला बेरा, मंडोर रेलवे ओवरब्रिज के नीचे से, भलावता बेरा होते हुए मंडोर चौराहे होते हुए मंडोर गार्डन में प्रवेश करती है। जहां से मंडोर उद्यान में बने राव कुंड पहुंचती है। इसमें आठ बेरों की गेर सम्मिलित होती है। खोखरिया बेरा, बड़ा बेरा, गोपी बेरा, आमली बेरा, फूलबाग बेरा, नागौरी बेरा, मंडोर बेरा, पदाला बेरा आदि की गेर सम्मिलित होती है। सुरक्षा का रहता है जिम्मा राव को चुनने के बाद उसको सही सलामत रूप से मंडोर उद्यान के राव कुंड तक पहुंचाने में सुरक्षा की जिम्मेदारी मंडावता बेरा के लोगों की ही होती है। उन्होंने दैनिक भास्कर को बताया कि इन लोगों के हाथों में लाठियां व हॉकियां होती हैं जो राव को एक घेरा बनाकर उसे आगे ले जाते रहते हैं। मंडोर उद्यान में राव कुंड पहुंचते ही सबसे पहले राव उस कुंड में डुबकी लगाते हैं। उसके बाद अन्य युवक स्नान करते हैं। जैसे ही राव कुंड में स्नान करने के लिए उतरता है, मंडावता बेरे वालों की सुरक्षा की जिम्मेदारी भी पूरी हो जाती है।
खजुराहो के बागेश्वर धाम में हिंदू गांव, कैंसर अस्पताल के बाद अब शस्त्र और शास्त्र की भी शिक्षा दी जाएगी। इसके तहत तलवारबाजी, तीरंदाजी, भाला चलाना, मलखंभ सिखाएंगे। 13 फरवरी 2026 को कथावाचक रमेश भाई ओझा, पंडित धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री और पंडित प्रदीप मिश्रा ने मिलकर वैदिक गुरुकुलम की शुरुआत की। इस गुरुकुल में हर जाति के छात्रों को शिक्षा मिलेगी। मुख्य उद्देश्य है- बटुकों को सनातन धर्म, राम-कृष्ण परंपरा और वैदिक संस्कृति से जोड़ना। यहां तीन मंजिला इमारत बनी है, जिसमें अभी 50 बटुकों को प्रवेश दिया गया है। कक्षाएं भी शुरू हो चुकी हैं। इसमें बनारस से आए शिक्षक पढ़ा रहे हैं। धाम से करीब डेढ़ किलोमीटर दूर सुनसान इलाके में बनी यह तीन मंजिला इमारत अब लोगों को दूर-दूर से आकर्षित कर रही है। दैनिक भास्कर की टीम ने खुद बागेश्वर धाम पहुंचकर इस ड्रीम प्रोजेक्ट के बारे में जानकारी जुटाई। पढ़िए पूरी रिपोर्ट… सुबह 4 बजे से ही आने लगती है शंख की आवाज तड़के चार बज रहे हैं। गुरुकुल के अंदर से शंख बजने की आवाज आने लगती है। इतने में ही एक-एक कर सभी कमरों की लाइट जलने लगती है। इसके बाद चंद मिनटों में एक मंत्री की आवाज साफ-साफ सुनाई देती है। यहां शिक्षा लेने आए छात्र और दूसरे लोग ‘कराग्रे वसते लक्ष्मीः करमध्ये सरस्वती।, करमूले तु गोविन्दः प्रभाते करदर्शनम्॥’ का जप कर रहे हैं। ये वही मंत्र है, जिसे सुबह उठकर सबसे पहले अपने हाथों की हथेली देखते हुए किया जाता है। इसी परिसर में बागेश्वर धाम की गोशाला भी स्थित है। विद्यार्थियों की सुविधा के लिए यहां 10 कमरों के साथ विशाल हॉल बनाया गया है। परिसर में ही बागेश्वर बालाजी और अन्य देवी-देवताओं का मंदिर भी है। 10 मिनट ही हुए होंगे, गुरुकुल में चहल-पहल शुरू हो जाती है। छात्र अपने-अपने कपड़े लेकर वॉशरूम की ओर जाने लगते हैं। वहां मौजूद सेवादार ऋषि शुक्ला से पूछा- इतनी सुबह-सुबह सभी नहाने क्यों जा रहे हैं? वह कहते हैं- ये तो गुरुकुल की परंपरा है। 5 बजे से सबको सुबह की पूजा-पाठ शुरू करनी है। ठीक पांच बजे से कुछ मिनट पहले छात्रावास के बरामदे में छात्र अपना-अपना आसन और पूजन के लिए छोटे से तांबे के कलश में जल लेकर आ गए। पूजा-पाठ शुरू कर देते हैं। सुबह छह बजे के करीब पूजन-पाठ पूरा कर लिया। इसके बाद सभी ने एक-दूसरे को देखा। कुछ सहमति बनाते हुए जोर-जोर से हनुमान चालीसा गाने लगे। बनारस से आए हैं शिक्षक गुरुकुलम के प्रधानाचार्य आचार्य गोपाल चरण पांडे 'राजा शास्त्री' बताते हैं कि गुरुकुल का अर्थ ही है 'गुरु का घर'। भगवान राम ने वशिष्ठजी और श्रीकृष्ण ने सांदीपनि आश्रम जाकर शिक्षा ली थी। इसके बाद सदियों से ये परंपरा चली आ रही है। इस गुरुकुल में भी वही नियम हैं। अभी 50 बच्चों यहां प्रवेश ले चुके हैं। गुरुकुल में शिक्षा लेने आए बच्चों को बटुक कहा जाता है। फिलहाल गुरुकुलम में उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश, बिहार और नेपाल के बटुक शामिल हैं। 20 कमरों में शिक्षक और ब्राह्मणों के रहने की व्यवस्था की गई है। ब्राह्मण बटुक सागर अधिकारी ने बताया कि मैं नेपाल के काठमांडू का रहने वाला हूं। यहां शस्त्र और वेद की शिक्षा ले रहा हूं। भविष्य में भगवताचार्य बनना चाहता हूं। सभी तरह की शिक्षा दी जाएगी आचार्य गोपाल चरण कहते हैं कि स्कूलों में शायद किताबी ज्ञान मिल जाए, लेकिन संस्कार केवल गुरुकुल में मिलते हैं। यहां विद्यार्थियों को सिखाया जाएगा कि कब उठना है, कब सोना है और कैसे मर्यादित जीवन जीना है। पाठ्यक्रम में केवल वेद-पुराण ही नहीं, बल्कि धनुर्विद्या, आयुर्वेद, ज्योतिष और प्राचीन मल्लविद्या भी शामिल होगी। वर्तमान में 5 शिक्षकों और 50 विद्यार्थियों से शुरुआत की गई है, जिसे आगे चलकर 250 विद्यार्थियों तक बढ़ाया जाएगा। अभी बटुकों को दिनचर्या और संस्कार सिखाए जा रहे हैं। अप्रैल से रेगुलर नियमित शिक्षा शुरू की जाएगी। शस्त्र की शिक्षा भी अप्रैल से ही शुरू होगी। भविष्य में 'वैदिक सनातन बोर्ड' से मान्यता प्राप्त शास्त्री और आचार्य की डिग्रियां भी यहां से दी जाएंगी। धीरेंद्र शास्त्री बोले- भावी पीढ़ी बने संस्कारवान-ज्ञानवान गोपाल चरण कहते हैं, बागेश्वर धाम पीठाधीश पंडित धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री का संकल्प है कि भावी पीढ़ी को संस्कारवान और ज्ञानवान बनाया जाए। उनका कहना है कि भोजन और धन का सहारा सीमित समय का होता है, लेकिन विद्या का दान जीवन भर काम आता है। मस्तक पर तिलक धारण करने से लेकर माता-पिता को प्रणाम करने तक के संस्कार इसी सनातनी विद्या से मिलेंगे। काशी के आचार्य कृष्ण कुमार दीक्षित (वेद), शिवम कुमार पांडे (ज्योतिष), दिव्यांशु द्विवेदी (व्याकरण) और प्रियांशु पांडे (यजुर्वेद) यहां बटुकों को शिक्षित करेंगे। आने वाले समय में देश के अन्य बड़े मंदिरों और तीर्थ स्थलों पर भी इसी तरह के गुरुकुल स्थापित करने की योजना है। देशभर में बनाए जाएंगे गुरुकुल सेवादार ऋषि शुक्ला कहते हैं कि गुरुकुल का उद्देश्य युवा पीढ़ी को नशा, जुआ और अपराध जैसी बुराइयों से बचाकर उनका सर्वांगीण विकास करना है। यहां शिक्षा के साथ-साथ तीरंदाजी, साधना और योगासन का प्रशिक्षण दिया जाएगा। विद्यार्थियों की दिनचर्या भी अनुशासित होगी, जो सुबह 4 बजे जागरण से शुरू होकर रात 9:30 बजे शयन पर समाप्त होगी। इसमें तीन समय की संध्या, स्वाध्याय और बाल भोग का विशेष समय निर्धारित है। यह कोई सामान्य कोचिंग नहीं, बल्कि पूरा बोर्ड होगा। यहां 6वीं से 8वीं तक को 'प्रथमा', 9वीं-10वीं को 'पूर्व मध्यमा', 11वीं-12वीं को 'उत्तर मध्यमा' और ग्रेजुएशन को 'शास्त्री' कहा जाएगा। इसके बाद दो साल का 'आचार्य' कोर्स होगा। ये सभी डिग्रियां वैदिक सनातन बोर्ड से मान्यता प्राप्त होंगी। कैसी होती गुरुकुल की दिनचर्या गुरु-शिष्य संबंध- इस प्रणाली का केंद्रबिंदु गुरु और शिष्य के बीच घनिष्ठ, व्यक्तिगत और आत्मीय संबंध है। शिष्य, गुरु के परिवार के सदस्य की तरह रहते हैं। गुरु उन्हें बेटे की तरह स्नेह देते हैं। यह संबंध आपसी सम्मान, विश्वास और समर्पण पर आधारित रहता है। ब्रह्मचर्य- विद्यार्थी ब्रह्मचर्य का पालन करते हुए, आमतौर पर 8 से 25 वर्ष की आयु तक, गुरुकुल में रहकर शिक्षा ग्रहण करते हैं। निःशुल्क शिक्षा- गुरुकुल की शिक्षा पूरी तरह से निःशुल्क होती है। इसका संचालन समाज द्वारा दिए गए दान या किसी के संरक्षण से होता है। शिक्षा पूरी होने पर शिष्य अपनी क्षमतानुसार गुरु को गुरु दक्षिणा देते हैं। सामुदायिक जीवन और अनुशासन- छात्र आश्रम के दैनिक कार्यों में गुरु की मदद करते थे, जैसे लकड़ी लाना, भिक्षा मांगना, भोजन पकाना आदि। इन कार्यों से उनमें शारीरिक श्रम, अनुशासन, आत्मनिर्भरता और सेवा भाव के मूल्यों का विकास होता है। व्यक्तिगत ध्यान- गुरु प्रत्येक शिष्य की क्षमता, रुचि और ग्रहणशीलता के अनुसार उसे व्यक्तिगत मार्गदर्शन देते हैं। जिसे आज Student-centric learning कहा जाता है। कैसे होते हैं गुरुकुल? गुरुकुल प्राचीन भारतीय शिक्षा प्रणाली के आवासीय विद्यालय होते थे, जहां शिष्य गुरु के घर या आश्रम में रहकर शिक्षा प्राप्त करते थे। यह शिक्षा की एक परंपरा है जहां गुरु-शिष्य संबंध, नैतिक चरित्र निर्माण, व्यावहारिक ज्ञान, प्रकृति से जुड़ाव और सर्वांगीण विकास पर जोर दिया जाता है, जिसे जीवन शैली का एक हिस्सा माना जाता है। कैसे पढ़ाई होती थी
अधीनस्थ सेवा चयन आयोग द्वारा आयोजित होम्योपैथिक फार्मासिस्ट भर्ती का अंतिम परिणाम जारी न होने से अभ्यर्थियों में आक्रोश बढ़ता जा रहा है। मुख्य परीक्षा और डॉक्यूमेंट वेरिफिकेशन की प्रक्रिया पूरी होने के पांच महीने बाद भी परिणाम घोषित न होने पर 397 अभ्यर्थियों ने आयोग से शीघ्र निर्णय लेने की मांग की है। अभ्यर्थियों ने सोमवार सुबह ही लखनऊ पहुंचकर पिकअप भवन के सामने प्रदर्शन किया। मुख्य परीक्षा और दस्तावेज सत्यापन के बाद भी अटका परिणाम अभ्यर्थियों के अनुसार, होम्योपैथिक फार्मासिस्ट (प्रारंभिक अर्हता परीक्षा-2023) के तहत विज्ञापन संख्या-09/24 की मुख्य परीक्षा 2 फरवरी 2025 को आयोजित की गई थी। इसके बाद आयोग ने सफल अभ्यर्थियों का डॉक्यूमेंट वेरिफिकेशन कराया, जो 26 सितंबर 2025 तक पूर्ण हो गया। अभ्यर्थियों का कहना है कि चयन प्रक्रिया की सभी औपचारिकताएं पूरी हो चुकी हैं, इसके बावजूद अंतिम चयन परिणाम अब तक घोषित नहीं किया गया है। उनका आरोप है कि परिणाम में अनावश्यक देरी से अभ्यर्थियों का भविष्य अधर में लटका हुआ है। मानसिक तनाव और भविष्य की योजनाएं प्रभावित अभ्यर्थियों ने आयोग के सचिव को संबोधित पत्र में कहा है कि पांच माह से अधिक समय बीत जाने के बावजूद अंतिम परिणाम घोषित न होने से वे मानसिक तनाव से गुजर रहे हैं। कई अभ्यर्थियों ने अन्य रोजगार के अवसर भी इस भर्ती के भरोसे छोड़ दिए थे। उनका कहना है कि नियुक्ति में हो रही देरी के कारण आर्थिक और पारिवारिक योजनाएं भी प्रभावित हो रही हैं। प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी में वर्षों का समय देने के बाद अब परिणाम का इंतजार उन्हें असमंजस की स्थिति में डाल रहा है। ‘हमारा हक दो’ के नारों के साथ प्रदर्शन का ऐलान अभ्यर्थियों ने लखनऊ में एकत्र होकर अपनी मांग रखने का निर्णय लिया है। पोस्टर और ज्ञापन में ‘हमारा हक दो’, ‘397 होम्योपैथिक फार्मासिस्ट रिजल्ट जल्द जारी करो’ और ‘विज्ञापन संख्या 09/2024 का अंतिम परिणाम शीघ्र घोषित करो’ जैसे नारे लिखे गए हैं। कुछ ही देर में अधिकारियों ने अभ्यर्थियों की मुलाकात आयोग के सचिव से कराई। सचिव ने आश्वासन दिया कि मार्च-अप्रैल के बीच में रिजल्ट जारी किया जाएगा। इसके बाद अभ्यर्थियों को लौटा दिया गया है।
पाली में बारात में जाने से मना करने पर दूल्हे ने अपने ही काका के सिर पर तलवार से वार कर दिया। मामूली कहासुनी के बाद गुस्साए दूल्हे ने आवेश में आकर हमला कर दिया, जिससे काका लहूलुहान हो गया। घायल को तत्काल हॉस्पिटल ले जाया गया। जहां उसका इलाज जारी है। मामला सदर थाना क्षेत्र के गिरादड़ा गांव का है। गिरादड़ा गांव की घटना, बारात जोधपुर के कांकाणी जानी थी जानकारी के अनुसार, प्रभूराम (35) पुत्र चेनाराम के भाई के बेटे की शादी थी। रविवार को बारात जोधपुर जिले के कांकाणी के लिए रवाना हो रही थी। इसी दौरान किसी बात को लेकर दोनों भाइयों के बीच कहासुनी हो गई। बताया जा रहा है कि विवाद के बाद प्रभुराम ने बारात में जाने से इंकार कर दिया। इसी बात से नाराज होकर दूल्हा आवेश में आ गया और उसने अपने काका पर तलवार से हमला कर दिया। तलवार का वार सीधे सिर पर लगा, जिससे प्रभुराम गंभीर रूप से घायल हो गया। बांगड़ हॉस्पिटल में भर्ती, इलाज जारी घटना के बाद परिजन घायल प्रभुराम को देर शाम पाली के बांगड़ हॉस्पिटल लेकर पहुंचे। डॉक्टरों ने प्राथमिक उपचार के बाद उन्हें भर्ती कर लिया। फिलहाल उनकी हालत स्थिर बताई जा रही है। पत्नी का आरोप - सभी ने मिलकर किया हमला घायल की पत्नी केलम देवी ने आरोप लगाया कि उसके पति ने केवल नाराजगी में बारात में जाने से मना किया था। इसी बात से गुस्साए दूल्हे सहित अन्य परिजनों ने मिलकर उन पर हमला कर दिया। केलम देवी ने कहा - मेरे पति का क्या कसूर था? अगर तलवार का वार थोड़ा और गहरा होता तो उनकी जान भी जा सकती थी। पुलिस कर रही जांच घटना की सूचना के बाद पुलिस मामले की जांच में जुट गई है। पीड़ित पक्ष ने दूल्हे सहित अन्य परिजनों पर हमला करने का आरोप लगाया है। पुलिस का कहना है कि शिकायत के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
सिवनी जिले की कोतवाली पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए एक 9 साल के लापता बालक को रात में दस्तयाब कर उसके परिजनों को सकुशल सौंप दिया। बच्चों के लापता होने की घटनाओं पर पुलिस की गंभीरता और सतर्कता को दर्शाती है। विवेकानंद वार्ड निवासी मुरलीधर यादव ने कोतवाली थाने में सूचना दी कि उनका 9 वर्षीय पुत्र शिवराज यादव रविवार दोपहर लगभग 2 बजे से लापता था। परिजनों ने शाम करीब 5 बजे पुलिस को इसकी जानकारी दी। सूचना मिलते ही पुलिस ने तत्काल गुमशुदगी दर्ज कर बालक की खोजबीन शुरू कर दी। वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देशन में चला तलाश अभियान थाना प्रभारी निरीक्षक सतीश तिवारी ने बताया कि पुलिस अधीक्षक सुनील कुमार मेहता के निर्देशनऔर अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक दीपक मिश्रा और अनुविभागीय अधिकारी पुलिस सचिन परते के मार्गदर्शन में नाबालिगों की तलाश के लिए विशेष प्रयास किए जा रहे हैं। इसी क्रम में थाना स्तर पर टीमें गठित कर तलाश अभियान चलाया गया। पुलिस ने बालक को खोजकर परिजनों को सौंपा पुलिस टीम ने शहर के विभिन्न सार्वजनिक स्थानों, बस स्टैंड, बाजार क्षेत्र और आसपास के इलाकों में सघन खोजबीन की, जिसके बाद बालक को रात लगभग 10 बजे सकुशल दस्तयाब कर लिया गया।बालक के मिलते ही परिजनों को सूचना दी गई और आवश्यक औपचारिकताएं पूरी कर उसे परिवार को सौंप दिया गया। अपने पुत्र को सुरक्षित पाकर परिजनों ने पुलिस का आभार व्यक्त किया। इस कार्रवाई में थाना प्रभारी निरीक्षक सतीश तिवारी, सहायक उपनिरीक्षक प्रमोद मालवी, आरक्षक रविशंकर सोनी, मिथलेश उईके, सतीश इवनाती और सिद्धार्थ दुबे की विशेष भूमिका रही। पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि वे बच्चों पर विशेष निगरानी रखें तथा किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तत्काल पुलिस को दें, ताकि समय रहते आवश्यक कार्रवाई की जा सके।
सवाई माधोपुर में सोमवार सुबह मौसम का मिजाज बदला हुआ नजर आया। सुबह से ही आसमान में बादल छाए रहे और सूर्य बादलों की ओट में नजर आया। करीब सुबह 8:15 बजे शहर के कुछ हिस्सों में हल्की बूंदाबांदी हुई। पिछले 24 घंटे के दौरान शहर में तापमान स्थिर रहा। अधिकतम तापमान 28 डिग्री सेल्सियस पर कायम रहा, जबकि न्यूनतम तापमान 16 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। पिछले कुछ दिनों का तापमान रिकॉर्ड रविवार: अधिकतम 28C, न्यूनतम 16C शनिवार: अधिकतम 28C, न्यूनतम 16C शुक्रवार: अधिकतम 27C, न्यूनतम 16C गुरुवार: अधिकतम 26C, न्यूनतम 16C बुधवार: अधिकतम 24C, न्यूनतम 13C मंगलवार: अधिकतम 31C, न्यूनतम 16C तापमान में पिछले कुछ दिनों से ज्यादा उतार-चढ़ाव देखने को नहीं मिला है, हालांकि मंगलवार को अधिकतम तापमान 31 डिग्री तक पहुंचा था। दो दिन बाद फिर बढ़ेगी धूप की तपिश मौसम विभाग के अनुसार सोमवार और मंगलवार को आसमान में बादल छाए रहने की संभावना है। बादलों की मौजूदगी के कारण धूप कम खिल सकती है, जिससे तापमान में हल्की गिरावट दर्ज हो सकती है। हालांकि दो दिन बाद फिर से तेज धूप निकलने के आसार हैं, जिससे तापमान में बढ़ोतरी हो सकती है।
रायपुर में धान से लदा ट्रक कार के ऊपर पलट गया। इस हादसे में कार सवार पति-पत्नी और ड्राइवर की मौत हो गई। सर्जरी के बाद दंपती घर लौट रहे थे। घटना विधानसभा थाना क्षेत्र की है। मृतकों की पहचान राजकुमार शर्मा (66), पद्मा शर्मा के रूप में हुई है। जो बलौदाबाजार के रहने वाले थे। ड्राइवर का नाम प्रवीण बताया जा रहा है। बड़े बेटे ने पुणे से ऑनलाइन कैब बुक की थी। इसी से शहर से बाहर निकले ही थे कि हादसा हो गया। देखिए पहले हादसे की तस्वीरें- पढ़िए पूरा घटनाक्रम जानकारी के मुताबिक, राजकुमार शर्मा (66) का रायपुर के एमएमआई अस्पताल में 10 फरवरी से भर्ती थे। वहां सफल बाइपास सर्जरी हुई थी। अस्पताल में भर्ती के दौरान वे बार-बार अपने बेटे मनीष शर्मा से घर तिल्दा जाने की जिद करते रहे। रविवार को शाम तक जब उन्हें अस्पताल से छुट्टी मिली, तब घर लौटने के लिए बड़े बेटे मनोज शर्मा ने पुणे से ऑनलाइन कैब बुक की थी। कार सवार पति-पत्नी जैसे ही पुरानी विधानसभा के पास नरदहा पहुंचे तो धान से लदा ट्रक कार के ऊपर पलट गया। ट्रक और उसमें रखी धान की बोरियां एक साथ कार पर गिर गई। इस हादसे में कैब ड्राइवर की मौके पर ही मौत हो गई। जबकि पति-पत्नी घायल अवस्था में कार में फंसे रहे। सूचना मिलते ही पुलिस और प्रशासन की टीम मौके पर पहुंची। इलाज शुरू होने के आधे घंटे के भीतर दंपती की मौत स्थानीय लोगों की मदद से रेस्क्यू शुरू किया गया। काफी मशक्कत के बाद कार में फंसे घायल दंपती को बाहर निकाला गया और पास के अस्पताल में पहुंचाया गया। लेकिन इलाज शुरू होने के आधे घंटे के भीतर दंपती की मौत हो गई। दोंदेकला जा रहा था ट्रक DSP वीरेंद्र चतुर्वेदी ने दोनों घायलों की मौत की पुष्टि की है। उन्होंने बताया कि ट्रक पलौद के धान केंद्र से दोंदेकला जा रहा था। ट्रक ड्राइवर को हिरासत में ले लिया है। उसके खिलाफ वैधानिक कार्रवाई की जा रही है। ट्रक कार को ओवरटेक कर रहा था प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, कार डीपीएस स्कूल के सामने थी। स्पीड ब्रेकर के चलते कार की स्पीड कम थी। उसी समय बलौदाबाजार की ओर ही जा रहा धान लदा ट्रक कार को ओवरटेक कर रहा था। ब्रेकर में जर्क के चलते ट्रक का लॉकिंग हुक (पट्टा) टूट गया। ट्रक अनियंत्रित होकर बांईं ओर जा रही कार पर पलट गया। बताया जा रहा है कि बड़ा बेटा पुणे की एमएनसी में काम करता है और छोटा बेटा मनीष शर्मा रियल एस्टेट का काम देखता है। ……………………… यह खबर भी पढ़ें… सरकारी वाहन ने ई-स्कूटर को टक्कर मारी...भाई की मौत: बहन घायल, सीएम हाउस के पास हादसा, स्कूल जा रहे थे बच्चे, आरोपी ड्राइवर गिरफ्तार राजधानी रायपुर में छत्तीसगढ़ क्लब के सामने शुक्रवार सुबह करीब 7.50 बजे ई-स्कूटर से स्कूल जा रहे भाई-बहन को पुलिस वाहन ने पीछे से टक्कर मार दी। टक्कर लगते ही ई-स्कूटर अनियंत्रित हो गई और दोनों भाई-बहन सड़क पर गिर पड़े। पढ़ें पूरी खबर…
अंबाला-जगाधरी हाईवे पर रविवार रात उस समय अफरा-तफरी मच गई जब एक चलती कार अचानक आग की लपटों में घिर गई। हादसा रात करीब 8 बजकर 30 मिनट पर हुआ। देखते ही देखते कार धूं-धूं कर जल उठी और आसमान में काले धुएं का गुबार छा गया। गनीमत रही कि चालक ने समय रहते कार से बाहर निकलकर अपनी जान बचा ली। प्रारंभिक जांच में माना जा रहा है कि हादसा शॉर्ट सर्किट के कारण हुआ। जानकारी अनुसार, अंबाला के रहने वाले कार ड्राइवर ने बताया कि वह रविवार रात अंबाला से जगाधरी की ओर जा रहा था। जैसे ही वह हाईवे पर एक निजी होटल के समीप पहुंचा, उसे कार के बोनट से धुआं निकलता दिखाई दिया। उसने तुरंत गाड़ी को किनारे खड़ा किया और नीचे उतर गया। उसके उतरते ही पूरी कार आग की चपेट में आ गई। चालक ने कहा कि अगर कुछ सेकंड की भी देरी होती तो उसकी जान जा सकती थी। हाईवे पर लगा लंबा जाम कार में आग लगने से हाईवे पर यातायात पूरी तरह बाधित हो गया। दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं। मौके पर मौजूद लोगों ने तुरंत पुलिस और दमकल विभाग को सूचना दी। दमकल की गाड़ी के पहुंचने से पहले ही कार पूरी तरह जलकर खाक हो चुकी थी। प्रत्यक्षदर्शी राजेश ने बताया कि चालक की तत्परता से बड़ा हादसा टल गया। पुलिस ने हटवाई जली कार, जांच जारी सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और क्रेन की मदद से जली हुई कार को सड़क किनारे करवाया गया, जिसके बाद यातायात सामान्य हो सका। पुलिस ने बताया कि प्रारंभिक जांच में शॉर्ट सर्किट की आशंका जताई जा रही है, हालांकि आग लगने के सही कारणों की जांच की जा रही है।
अभियोजन अधिकारियों की व्यावसायिक दक्षता संवर्धन के उद्देश्य से रविवार को इंदौर संभाग स्तरीय एक दिवसीय कार्यशाला का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम लोक अभियोजन मध्यप्रदेश के तत्वावधान एवं संचालक लोक अभियोजन मध्य प्रदेश के मार्गदर्शन में आयोजित हुआ। कार्यक्रम का उद्घाटन न्यायमूर्ति विजय कुमार शुक्ला ने किया। विशेष अतिथि के रूप में आरके सिंह, अतिरिक्त पुलिस आयुक्त (नगरीय), इंदौर उपस्थित रहे। कार्यक्रम की अध्यक्षता संचालक लोक अभियोजन बीएल प्रजापति ने की। अतिथियों ने दीप प्रज्जवलन एवं मां सरस्वती के चित्र पर माल्यार्पण कर कार्यशाला का शुभारंभ किया। नए आपराधिक कानून 2023 पर मार्गदर्शन अध्यक्षीय उद्बोधन में बीएल प्रजापति ने नए आपराधिक कानून 2023 के महत्वपूर्ण प्रावधानों पर प्रकाश डालते हुए कहा कि बदलते विधिक परिदृश्य में अभियोजन अधिकारियों का निरंतर प्रशिक्षण आवश्यक है। मुख्य वक्ता न्यायमूर्ति विजय कुमार शुक्ला ने SC/ST (Prevention of Atrocities) Act के अंतर्गत पंजीबद्ध प्रकरणों में विचारण के दौरान अभियोजन अधिकारियों की भूमिका पर विस्तार से मार्गदर्शन दिया। उन्होंने कहा कि पीड़ित को न्याय दिलाने के लिए प्रत्येक चरण में सशक्त और प्रभावी पैरवी अनिवार्य है। उन्होंने अपने न्यायिक अनुभवों के आधार पर प्रभावी पैरवी के व्यावहारिक पहलुओं पर भी चर्चा की। इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्य व तनाव प्रबंधन पर सत्र कार्यशाला में अमित सिंह सिसोदिया (वाणिज्यिक न्यायालय, इंदौर) और चिराग अरोड़ा ने नए आपराधिक कानून 2023 के तहत इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्य के संग्रहण और न्यायालय में प्रस्तुतीकरण विषय पर व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया। इसके अतिरिक्त साइकोलॉजिस्ट ईशा देशपांडे ने अभियोजन अधिकारियों को पैरवी के दौरान उत्पन्न होने वाले मानसिक दबाव एवं तनाव प्रबंधन के उपाय बताए। कार्यक्रम की शुरुआत योगाचार्य डॉ. दक्षदेव गौड द्वारा योग एवं ध्यान सत्र से हुई। प्रमाण-पत्र वितरण के साथ समापन कार्यशाला में इंदौर संभाग के विभिन्न न्यायालयों में शासन की ओर से पैरवी करने वाले अभियोजन अधिकारियों ने सहभागिता की। समापन सत्र में प्रतिभागियों को प्रमाण-पत्र वितरित किए गए। कार्यक्रम का नेतृत्व उपनिदेशक अभियोजन राजेंद्र सिंह भदौरिया ने किया। अंत में अतिरिक्त जिला लोक अभियोजन अधिकारी आरती भदौरिया ने आभार व्यक्त किया। संचालन ज्योति आर्य द्वारा किया गया। दक्षता बढ़ाने पर जोर सहायक जिला लोक अभियोजन अधिकारी अभिषेक जैन ने बताया कि अभियोजन अधिकारियों की कार्यकुशलता बढ़ाने के उद्देश्य से इस कार्यशाला का आयोजन किया गया। उद्घाटन सत्र में सहायक निदेशक अभियोजन आरएस भदौरिया ने स्वागत भाषण दिया। विशेष अतिथि आरके सिंह ने अपने संबोधन में कहा कि आपराधिक न्याय प्रणाली में अभियोजन की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है और ऐसे प्रशिक्षण कार्यक्रम अभियोजन की गुणवत्ता को मजबूत करते हैं।

