भारतीय रेलवे में यात्रियों की सुरक्षा को लेकर एक बार फिर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। शुक्रवार की रात नागपुर से मुंबई जा रही सुपरफास्ट नागपुर-मुंबई दुरंतो एक्सप्रेस पर अज्ञात असामाजिक तत्वों द्वारा पत्थरबाजी की खतरनाक घटना सामने आई है। इस हमले में ट्रेन की खिड़की का शीशा टूट गया, जिससे कोच के अंदर बैठा एक यात्री मामूली रूप से घायल हो गया। घटना के बाद ट्रेन को वर्धा स्टेशन पर रोका गया और करीब आधे घंटे तक उसकी जांच की गई। जांच के बाद ट्रेन मुंबई के लिए रवाना हो गई। इस बीच, पुलिस जांच कर रही है कि असल में पत्थर किसने फेंके थे। पिछले साल नवंबर में, एटा जिले के चमन नगरिया गांव में दो गुटों के बीच मोबाइल फोन को लेकर हुए झगड़े की सूचना पर पहुंचे एक पुलिस कॉन्स्टेबल और एक होम गार्ड जवान पर अचानक पत्थरबाजी हुई, जिससे वे घायल हो गए। पुलिस ने बुधवार को बताया कि इस मामले में अब तक छह लोगों को गिरफ्तार किया गया है। गिरफ्तार लोगों में से दो आरोपियों की पहचान दिलशाद और सलमान के तौर पर हुई है। अधिकारियों के मुताबिक, मंगलवार को गांव में दो गुटों के बीच झगड़ा हो गया, जिसके बाद ग्रामीणों ने पुलिस को सूचना दी और स्थिति को शांत करने के लिए DIAL-112 की टीम मौके पर पहुंची। इसे भी पढ़ें: नेतन्याहू ने जेब से क्या निकाला, UN से भागे 77 देश, बैठा रहा भारत! चलती ट्रेनों पर पत्थरबाजी के खिलाफ रेलवे ने जनता से अपील की इस साल की शुरुआत में, दक्षिणी रेलवे ने चलती ट्रेनों पर पत्थरबाजी के खिलाफ जनता से एक ज़रूरी अपील जारी की थी। हाल की घटनाओं में यात्रियों की सुरक्षा को खतरा पैदा हुआ है और रेल सेवाएं बाधित हुई हैं। भारतीय रेलवे के अधिकारियों ने चेतावनी दी है कि ऐसी गैर-कानूनी हरकतें सुरक्षा के लिए गंभीर खतरा पैदा करती हैं, क्योंकि चलती ट्रेनों पर फेंके गए पत्थर खिड़की के शीशे तोड़ सकते हैं और बच्चों व बुजुर्गों सहित यात्रियों को गंभीर चोट या स्थायी नुकसान पहुंचा सकते हैं। दक्षिणी रेलवे के चेन्नई डिवीजन ने एक बयान में कहा कि रेलवे अधिनियम, 1989 के तहत पत्थरबाजी एक दंडनीय अपराध है। अधिनियम की धारा 152 के तहत, नुकसान पहुंचाने के इरादे से ट्रेन पर पत्थर या कोई वस्तु फेंकने पर दस साल तक की जेल या आजीवन कारावास की सजा हो सकती है। इसके अलावा, धारा 154 में यात्रियों की सुरक्षा को खतरे में डालने वाली हरकतों के लिए जेल और जुर्माने का प्रावधान है। पत्थरबाज़ी रोकने के लिए संवेदनशील जगहों पर पेट्रोलिंग बढ़ाई गई इन घटनाओं को कम करने के लिए, रेलवे सुरक्षा बल और सरकारी रेलवे पुलिस ने चेन्नई डिवीज़न में संवेदनशील जगहों पर पेट्रोलिंग बढ़ा दी है। बयान में कहा गया है कि दोषियों की पहचान करने और उनके खिलाफ कार्रवाई करने के लिए CCTV और निगरानी के दूसरे तरीकों से निगरानी को और मज़बूत किया गया है। इसे भी पढ़ें: यकीन नहीं हो रहा, Mushtaq Khan को याद कर भावुक हुए Rajpal Yadav भारतीय रेलवे ने रेलवे ट्रैक के पास रहने वाले माता-पिता, शिक्षकों और सामाजिक कार्यकर्ताओं से अपील की है कि वे बच्चों और युवाओं को ऐसी हरकतों के गंभीर नतीजों के बारे में समझाएं और जागरूक करें। इन घटनाओं को रोकने और लोगों की जान बचाने के लिए जनता का सहयोग ज़रूरी बताया गया है। लोगों से यह भी कहा गया है कि वे सतर्क रहें और रेलवे ट्रैक के पास किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना रेलवे हेल्पलाइन नंबर 139 पर दें। Read Latest National News in Hindi only on Prabhasakshi
AIIMS Nagpur: सुरक्षा के आश्वासन के बाद रेजिडेंट डॉक्टरों की हड़ताल खत्म
महाराष्ट्र के नागपुर स्थित अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स) के रेजिडेंट डॉक्टर्स एसोसिएशन (आरडीए) ने एक चिकित्सक पर हुए हमले के मामले में अस्पताल प्रशासन और पुलिस की ओर से सुरक्षा का आश्वासन मिलने के बाद शुक्रवार को अपना प्रदर्शन समाप्त कर दिया। एम्स-नागपुर ने एक प्रेस विज्ञप्ति में बताया कि प्रशासन चिकित्सकों के खिलाफ किसी भी तरह की हिंसा की कड़ी निंदा करता है। संस्थान ने बताया कि एसोसिएशन के सदस्यों और एम्स-नागपुर के अधिकारियों ने सुबह नागपुर के पुलिस आयुक्त विश्वास नांगरे पाटिल और अन्य वरिष्ठ अधिकारियों से मुलाकात की। पुलिस आयुक्त ने चिकित्सकों को आश्वासन दिया कि अस्पताल में सुरक्षा बढ़ाई जाएगी और मंगलवार को हुई घटना के दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। अस्पताल के एक रेजिडेंट चिकित्सक पर मंगलवार को आईसीयू (गहन चिकित्सा इकाई) के अंदर कथित तौर पर चार लोगों ने हमला किया था। यह घटना उपचार के दौरान एक व्यक्ति की मौत के बाद हुई। रेजिडेंट चिकित्सकों ने बृहस्पतिवार को घटना के विरोध में प्रदर्शन किया और संस्थान से “कोई विशेष सुविधा नहीं” नीति अपनाने की मांग की। उनका कहना था कि अक्सर मरीज नेताओं के पत्र लेकर आते हैं और विशेष सुविधाओं की उम्मीद करते हैं या कर्मचारियों को डराने-धमकाने की कोशिश करते हैं। संस्थान की ओर से जारी विज्ञप्ति में बताया गया कि प्रदर्शन कर रहे रेजिडेंट चिकित्सकों की मांग के अनुसार, एम्स इस घटना से जुड़ी कानूनी और पुलिस संबंधी कार्रवाई करेगा। इससे पहले, पीड़ित चिकित्सक ने खुद पुलिस में शिकायत दर्ज कराई थी। एम्स ने यह भी आश्वासन दिया कि प्रदर्शन में शामिल होने के कारण किसी भी रेजिडेंट चिकित्सक या छात्र के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की जाएगी।
AIIMS Nagpur में जूनियर डॉक्टर पर हमले के बाद रेजिडेंट डॉक्टरों ने किया प्रदर्शन
नागपुर स्थित अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स) के रेजिडेंट चिकित्सकों ने एक जूनियर रेजिडेंट डॉक्टर पर हुए हमले की निंदा करते हुए प्रदर्शन किया। एम्स नागपुर के ‘रेजिडेंट डॉक्टर्स एसोसिएशन’ ने मांग की कि संस्थान ‘‘कोई विशेष उपचार नहीं’’ नीति लागू करे और दावा किया कि अक्सर मरीज नेताओं के पत्र लेकर आते हैं और विशेष सुविधाओं की अपेक्षा करते हैं या अस्पताल के कर्मचारियों को डराने-धमकाने की कोशिश करते हैं। बृहस्पतिवार को प्रदर्शन के दौरान चिकित्सकों ने ‘‘ वीआईपी (अति विशिष्ट व्यक्ति) संस्कृति बंद करो’’, ‘‘सुरक्षा नहीं तो ड्यूटी नहीं’’ और ‘‘चिकित्सकों के खिलाफ हिंसा बंद करो’’ जैसे नारे लिखी तख्तियां हाथों में ले रखी थीं। अस्पताल के एक रेजिडेंट डॉक्टर पर मंगलवार को आईसीयू (गहन चिकित्सा इकाई) के अंदर कथित तौर पर चार लोगों ने हमला किया था। यह घटना उपचार के दौरान एक व्यक्ति की मौत के बाद हुई। आरोपियों की पहचान तेजपाल सिंह, उदय सिंह, शुभम सिंह और सुमेध सिंह के रूप में हुई है। इनके खिलाफ ‘महाराष्ट्र मेडिकेयर सर्विस पर्सन्स एंड मेडिकेयर सर्विस इंस्टीट्यूशंस’ (हिंसा की रोकथाम और संपत्ति को नुकसान या क्षति) अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया गया है। हालांकि, ‘रेजिडेंट डॉक्टर्स एसोसिएशन’ ने एम्स नागपुर के कार्यकारी निदेशक को लिखे पत्र में मांग की कि ऐसे मामलों में संस्थान को स्वयं शिकायत दर्ज करनी चाहिए। ‘रेजिडेंट डॉक्टर्स एसोसिएशन ने हमलावरों की तत्काल गिरफ्तारी की मांग करने के साथ-साथ अस्पताल में ‘कोई विशेष उपचार नहीं’ नीति लागू करने की भी मांग की। उसने दावा किया कि मौजूदा मामले में आरोपियों ने एक राजनेता का नाम लेकर अपना प्रभाव दिखाने की कोशिश की थी।
Mirzapur News: नागपुर से बच्चे को अगवा कर ले जा रहा आरोपी मिर्जापुर में पकड़ा गया
The accused who was abducting a child from Nagpur has been caught in Mirzapur.
Abhijeet Dipke ने किया CJP की नए अभियान का ऐलान। Adivasi School Theek Karo | Nagpur। Cockroach
सीजेपी प्रमुख अभिजीत दीपके ने महाराष्ट्र के नागपुर से “आदिवासी स्कूल ठीक करो” अभियान शुरू करने का ऐलान किया है। इस मुहिम के तहत आदिवासी इलाकों के स्कूलों की स्थिति, बच्चों को मिल रही सुविधाओं और उनकी पढ़ाई के हालात का जायजा लेने की बात कही गई है
Nagpur SBI Bank Loot Video: लुटेरे ने लाल मिर्च पाउडर के साथ लूटे 10 लाख, देखिए पूरा वीडियो
#nagpur #sbibankloot #livehindustan Nagpur SBI Bank Loot Video: लुटेरे ने लाल मिर्च पाउडर के साथ लूटे 10 लाख, देखिए पूरा वीडियो नागपुर के सक्करदरा इलाके में SBI बैंक में दिनदहाड़े करीब 4 लाख रुपये की लूट का मामला सामने आया
Pune Chhatro Ki Goonj के बाद Nagpur में RSS के गढ़ में हुंकार भरेंगे Rahul Gandhi! | Maharashtra
पुणे के बाद अब राहुल गांधी के ‘छात्रों की गूंज’ कार्यक्रम को नागपुर ले जाने की तैयारी है। महाराष्ट्र कांग्रेस ने राहुल गांधी से नागपुर में छात्र संवाद कार्यक्रम आयोजित करने की मांग की है। हालांकि, अभी तारीख तय नहीं हुई है। नागपुर RSS का मुख्यालय और बीजेपी का मजबूत गढ़ माना जाता है

