महू में चलती बाइक में लगी आग:युवक ने कूदकर बचाई जान, लोगों ने पानी डालकर पाया काबू
महू के किशनगंज थाना क्षेत्र में मेडिकैप्स चौराहे पर सोमवार रात करीब 9 बजे एक चलती बाइक में अचानक आग लग गई। इस घटना से सड़क पर हड़कंप मच गया, लेकिन बाइक चलाने वाले ने समय रहते कूदकर अपनी जान बचा ली। आग इतनी तेजी से फैली कि कुछ ही मिनटों में पूरी बाइक आग के गोले में बदल गई। गनीमत रही कि जैसे ही बाइक से धुआं और लपटें उठीं, चालक तुरंत नीचे उतर गया, जिससे वह बाल-बाल बच गया। लोगों ने बुझाने की कोशिश की चौराहे पर मौजूद लोगों के बीच अफरा-तफरी मच गई। आसपास के लोगों ने हिम्मत दिखाते हुए पानी डालकर आग पर काबू पाने की कोशिश की। आग लगने की असली वजह अभी सामने नहीं आई है, लेकिन माना जा रहा है कि शॉर्ट सर्किट या इंजन में किसी तकनीकी खराबी के कारण यह हादसा हुआ। इस घटना में किसी को कोई चोट नहीं आई है।
क्षेत्रीय अध्यक्ष ने पीएम मोदी की रैली की समीक्षा की:मॉनिटरिंग टीम को 48 घंटे अलर्ट रहने का निर्देश
हरदोई में क्षेत्रीय अध्यक्ष कमलेश मिश्रा ने भाजपा जिला कार्यालय पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की आगामी रैली की सोमवार देर शाम अंतिम तैयारियों की समीक्षा की। उन्होंने रैली प्रभारियों के साथ एक महत्वपूर्ण वर्चुअल बैठक की। बैठक में अध्यक्ष ने प्रभारियों से भीड़ प्रबंधन, जनसंपर्क और सुरक्षा व्यवस्था पर विस्तृत जानकारी ली। उन्होंने रैली की संवेदनशीलता को देखते हुए मॉनिटरिंग टीम को अगले 48 घंटों तक विशेष रूप से सतर्क रहने का निर्देश दिया। अध्यक्ष ने सभी विभागों के साथ निरंतर समन्वय स्थापित करने के सख्त निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जमीनी स्तर पर सूचनाओं का त्वरित आदान-प्रदान होना चाहिए ताकि किसी भी संभावित बाधा को समय रहते दूर किया जा सके। बैठक के अंत में, सभी पदाधिकारियों ने रैली को ऐतिहासिक रूप से सफल बनाने का संकल्प दोहराया। वर्चुअल बैठक में जिला पदाधिकारी, विधानसभा रैली संयोजक, मंडल अध्यक्ष/महामंत्री और मॉनिटरिंग टीम के सदस्य उपस्थित थे। मॉनिटरिंग टीम में सौरभ सिंह गौर, नीतू चंद्रा, निर्देश राजपूत, अविनाश पाण्डेय, प्रद्युम्न आनंद मिश्रा, अनुराग श्रीवास्तव, ऋतुराज त्रिपाठी, हर्ष सविता, अभिषेक चंदेल, आयुष कुमार सिंह, आशुतोष बाजपेई, मुकुल सिंह, चित्रांश गुप्ता, विनोद वर्मा, प्रखर अग्निहोत्री, अंशुमान मिश्रा, रजनीश गुप्ता, अभय दीक्षित, अभिषेक सिंह चौहान, अभिषेक सिंह, ऋषभ त्रिपाठी, देव गुप्ता, आदेश शुक्ला, रामजी गुप्ता, ओमवीर सिंह, शौर्य सिंह और अचल दीक्षित सहित अन्य कार्यकर्तागण शामिल थे।
सहारनपुर के फतेहपुर थाना क्षेत्र के चाऊपुर गांव से एक बेहद दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है, जहां आवारा कुत्तों के झुंड ने आठ साल के एक मासूम बच्चे को नोचकर मार डाला। इस हादसे ने पूरे गांव को शोक में डुबो दिया है और लोगों में दहशत का माहौल है। जानकारी के अनुसार, मृतक बच्चे का नाम लविश था, जिसकी उम्र महज आठ वर्ष थी। सोमवार शाम करीब छह बजे वह गांव के बाहर स्थित खेत में गेहूं की बालियां बीनने गया था। इसी दौरान उसे अकेला देखकर आवारा कुत्तों के झुंड ने उस पर हमला कर दिया। कुत्तों ने बच्चे को बुरी तरह घायल कर दिया, जिससे उसने मौके पर ही दम तोड़ दिया। जब तक आसपास के ग्रामीणों को घटना की जानकारी मिलती और वे मौके पर पहुंचते, तब तक बहुत देर हो चुकी थी। इस दर्दनाक घटना से पूरे गांव में मातम पसरा हुआ है। परिवार का रो-रोकर बुरा हाल है, वहीं ग्रामीणों में भारी आक्रोश देखने को मिल रहा है। स्थानीय लोगों का कहना है कि क्षेत्र में आवारा कुत्तों की संख्या लगातार बढ़ रही है और वे पहले भी कई बार प्रशासन से शिकायत कर चुके हैं। इसके बावजूद कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई। इस घटना के बाद बच्चों की सुरक्षा को लेकर अभिभावकों में डर का माहौल है। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंचे। ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि आवारा कुत्तों की समस्या का स्थायी समाधान किया जाए, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।
बहादुरगढ़ पहुंचे बॉलीवुड अभिनेता रणदीप हुड्डा:DUSU प्रेसिडेंट आर्यन मान के घर, परिवार से की मुलाकात
बहादुरगढ़ में बॉलीवुड अभिनेता रणदीप हुड्डा रविवार शाम दिल्ली यूनिवर्सिटी स्टूडेंट यूनियन (DUSU) के प्रेसिडेंट आर्यन मान के निवास पर पहुंचे, जहां उन्होंने आर्यन मान और उनके परिवार के सदस्यों से आत्मीय मुलाकात की। रणदीप हुड्डा के घर पहुंचने की सूचना मिलते ही आसपास के लोगों और प्रशंसकों की भीड़ जुट गई तथा लोगों में उनके साथ फोटो खिंचवाने और मुलाकात करने को लेकर उत्साह देखने को मिला। जानकारी के अनुसार रणदीप हुड्डा इन दिनों हरियाणा के विभिन्न जिलों में अपनी आगामी फिल्म की शूटिंग कर रहे हैं। शूटिंग के सिलसिले में प्रदेश के अलग-अलग स्थानों पर पहुंच रहे रणदीप हुड्डा ने बहादुरगढ़ प्रवास के दौरान आर्यन मान के घर पहुंचकर परिवार से मुलाकात की और कुछ समय उनके साथ बिताया। गौरतलब है कि इससे एक दिन पहले बॉलीवुड अभिनेता संजय दत्त और हरियाणवी कलाकार मासूम शर्मा भी आर्यन मान के घर पहुंचे थे। लगातार दूसरे दिन बड़े फिल्मी सितारों के पहुंचने से आर्यन मान के निवास पर माहौल खासा चर्चा में रहा। स्थानीय लोगों और समर्थकों में भी इसे लेकर उत्साह बना रहा। रणदीप हुड्डा के आगमन को लेकर क्षेत्र में पूरे दिन चर्चा होती रही। स्थानीय लोगों का कहना है कि बड़े फिल्मी सितारों का इस तरह बहादुरगढ़ पहुंचना क्षेत्र के लिए गौरव की बात है।
दौसा कलेक्टर डॉ. सौम्या झा ने सोमवार को कलक्ट्रेट सभागार में जिले के राजस्व अधिकारियों की बैठक लेकर कार्यों की समीक्षा की। उन्होंने भूमि नामांतरण, सीमांकन, बंटवारा, गिरदावरी, राजस्व रिकॉर्ड संधारण एवं लंबित प्रकरणों की प्रगति की समीक्षा करते हुए कलेक्टर ने निर्देश दिए कि आमजन से जुड़े मामलों का प्राथमिकता से निस्तारण किया जाए, ताकि लोगों को अनावश्यक परेशानी का सामना न करना पड़े। कलेक्टर ने मूल निवास, जाति प्रमाण पत्र सहित अन्य प्रमाण पत्रों जैसे आमजन के बेसिक कार्यों को लंबित नहीं रखने और समय पर जारी करने पर जोर दिया। साथ ही, जनगणना कार्य को निर्धारित समय में पूर्ण करने एवं बजट घोषणा 2026-27 से संबंधित भूमि आवंटन के लंबित प्रकरणों का शीघ्र निस्तारण करने के निर्देश दिए। पेयजल व्यवस्था की समीक्षा गर्मी के मौसम को देखते हुए उन्होंने उपखंड अधिकारियों से पेयजल व्यवस्था की समीक्षा करते हुए टैंकरों से जलापूर्ति की प्रस्तावित कार्ययोजना पर चर्चा की। उन्होंने हीट वेव के मद्देनजर आवश्यकता अनुसार टैंकरों से जलापूर्ति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। बैठक में जिला परिषद के मुख्य कार्यकारी अधिकारी बिरदी चंद गंगवाल, एडीएम दौसा अरविंद शर्मा, एडीएम लालसोट मनमोहन मीणा सहित उपखंड अधिकारी, तहसीलदार, नायब तहसीलदार एवं अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे। अन्य अधिकारी वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग से जुड़े हुए थे।
लखनऊ के कृष्णानगर थाना क्षेत्र में गाड़ी चोरी करने वाले दो शातिर चोरों को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। आरोपियों के कब्जे से चोरी के पांच वाहन बरामद किए गए हैं, जिनमें दो ई-रिक्शा और तीन मोटरसाइकिलें शामिल हैं। पुलिस ने दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है।पुलिस के मुताबिक 13 अप्रैल को प्रेमनगर आलमबाग निवासी नटवर लाल गौर ने घर के बाहर खड़े अपने ई-रिक्शा के चोरी होने की शिकायत दर्ज कराई थी। वहीं आशुतोष नगर शिवम पार्क निवासी सूरज वर्मा ने भी घर के बाहर खड़ी अपनी बाइक सीटी-100 चोरी होने की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। दोनों मामलों में कृष्णानगर पुलिस मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की। इसके लीज चार टीमें लगाई गई। टीमों ने करीब 400 से 500 सीसीटीवी फुटेज और अन्य इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों की जांच की। जांच के दौरान आरोपियों की पहचान की गई।सोमवार को मुखबिर की सूचना पर पुलिस ने आशाराम बापू मार्ग से दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। आरोपियों की पहचान रामादेवी कानपुर निवासी शैलेंद्र और बेगरिया दुबग्गा निवासी नितेश कुमार शाह के रूप में हुई। दोनों दिन में दुकानों में काम करते हैं और रात को चोरी की घटना को अंजाम देते हैं। इनके पास से दो चोरी के वाहन बरामद हुए। पूछताछ और निशानदेही पर आरोपी नितेश के काशीराम कॉलोनी हंसखेड़ा स्थित किराए के मकान से तीन अन्य चोरी के वाहन भी बरामद किए गए। पुलिस पूछताछ में आरोपियों ने दो ई-रिक्शा और तीन मोटरसाइकिलें चोरी करना स्वीकार किया। उन्होंने बताया कि ये वाहन कृष्णानगर, मोहन रोड, हरदोई रोड और लालाबाग पुल क्षेत्र से अलग-अलग समय पर चोरी किए गए थे। दोनों महंगे शौक और मौज मस्ती के लिए चोरी की घटना को अंजाम देते थे। आरोपी शैलेन्द्र के खिलाफ लखनऊ के विभिन्न थानों में पहले से चोरी के कई मुकदमे दर्ज हैं।
जैसलमेर के चूंधी गांव में सोमवार को भीषण गर्मी से राहत पाने के लिए खेत में बनी डिग्गी में नहाने उतरे दो चचेरे भाइयों की डूबने से मौत हो गई। परिजन सुरेंद्र (17) और वीरेंद्र (16) को जवाहिर हॉस्पिटल ले कर आए, जहां डॉक्टरों ने दोनों को मृत घोषित कर दिया। सदर थाना ASI मुकेश बीरा को परिजनों ने बताया कि दोनों पानी की डिग्गी में रोज नहाने जाते थे, लेकिन आज दलदल में फंस जाने से दोनों की मौत हो गई। हादसे के बाद परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। गहराई में जमी कीचड़ से बने दलदल में फंसे ASI मुकेश बीरा ने बताया कि चूंधी गांव के रहने वाले चचेरे भाई चार भाई सुरेंद्र और वीरेंद्र सोमवार दोपहर गर्मी से राहत पाने के लिए अपने खेत में बनी पानी की डिग्गी में नहाने उतरे थे। उनके साथ दो भाई मुकेश और रवि भी थे। जब चारों भई पानी में नहा रहे थे तभी सुरेंद्र और वीरेंद्र डिग्गी की गहराई में चले गए। जहां जमी कीचड़, गाद से बने दलदल में धंसते चले गए। मुकेश और रवि ने जब अपने भाइयों को डूबते देखा, तो अपनी जान की परवाह किए बिना उन्हें बचाने की भरपूर कोशिश भी की। लेकिन दलदल से दोनों को बाहर नहीं खींच पाए। घबराकर मुकेश हादसे की जानकारी घरवालों को देने के लिए तुरंत गांव की ओर दौड़ा। एक का शव मिला दूसरे को दीवार तोड़कर निकाला सूचना मिलते ही ग्रामीण और परिजन बदहवास हालत में डिग्गी पर पहुंचे। काफी मशक्कत के बाद सुरेंद्र को पानी से बाहर निकाला गया। उसे तुरंत जैसलमेर के जवाहिर हॉस्पिटल ले जाया गया, लेकिन डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। हादसे की सूचना पर नागरिक सुरक्षा टीम मौके पर पहुंची थी। जबकि वीरेंद्र गहरे दलदल में पूरी तरह धंसने के कारण पानी की सतह पर दिखाई नहीं दे रहा था। तब ग्रामीणों ने डिग्गी की दीवार को एक तरफ से तोड़ दिया। पानी का बहाव कम होते ही वीरेंद्र का शव भी मिल गया। परिजन चमत्कार की उम्मीद में उसे भी हॉस्पिटल ले गए, लेकिन डॉक्टर ने उसे भी मृत घोषित कर दिया। घरवालों का सहारा छिना, गांव में पसरा मातम हादसे का शिकार हुए दोनों युवक भील समुदाय से थे और आपस में चचेरे भाई थे। एक ही दिन में परिवार के दो जवान बच्चों की मौत से परिजनों का रो–रोकर बुरा हाल है। वहीं इस घटना से गांव में भी सन्नाटा पसरा हुआ है। दोनों के परिवारों का कहना है कि उनके बुढ़ापे का सहारा हमेशा के लिए छिन गया। घटना की सूचना पर सदर थाना पुलिस हॉस्पिटल पहुंची। परिजनों ने दोनों का पोस्टमार्टम करवाने से मना कर दिया। इसके बाद पुलिस ने कागजी कार्रवाई पूरी कर शव को परिजनों को सौंप दिए।
इलाहाबाद हाईकोर्ट की लखनऊ पीठ ने उत्तर प्रदेश अल्पसंख्यक आयोग में लंबे समय से लंबित नियुक्तियों पर कड़ा रुख अपनाया है। अदालत ने कहा कि सरकार की ओर से हो रही देरी उसकी निष्क्रियता को दर्शाती है। मुख्य न्यायमूर्ति अरुण भंसाली और न्यायमूर्ति जसप्रीत सिंह की खंडपीठ शम्स तबरेज द्वारा दाखिल एक जनहित याचिका पर सुनवाई कर रही थी। याचिका में आयोग के अध्यक्ष और सदस्यों की जल्द नियुक्ति की मांग की गई है। कोर्ट ने जाहिर की नाराजगी अदालत ने बताया कि आयोग का कार्यकाल 2024 में समाप्त हो चुका है, लेकिन नए पदाधिकारियों की नियुक्ति अभी तक नहीं हो पाई है। राज्य सरकार ने दलील दी कि नियुक्ति प्रक्रिया जारी है। नियुक्ति प्रक्रिया की पूरी स्थिति स्पष्ट करने के आदेश इस पर कोर्ट ने असंतोष व्यक्त करते हुए कहा कि पिछली सुनवाई में भी यही बात कही गई थी, लेकिन जमीनी स्तर पर कोई प्रगति नहीं दिखी। कोर्ट ने राज्य सरकार को निर्देश दिया है कि अगली सुनवाई तक नियुक्ति प्रक्रिया की पूरी स्थिति स्पष्ट की जाए। मामले की अगली सुनवाई 13 मई को निर्धारित की गई है।
उदयपुर के एमबी अस्पताल के सुपर स्पेशियलिटी अस्पताल में डॉक्टरों ने एक असाधारण और जटिल सर्जरी कर 32 वर्षीय युवक को नया जीवन दिया। भीलवाड़ा निवासी युवक के सीने के आर-पार घुसे 9 इंच लंबे लोहे के पाइप को सफलतापूर्वक डॉक्टर्स की टीम ने निकाला। असल में भीलवाड़ा अस्पताल में 24 अप्रैल को एक केस आया कि एक युवक मोटरसाइकिल से एक ट्रक के पीछे चल रहा था। अचानक ब्रेक लगने से ट्रक में लदा लोहे का पाइप खिसककर युवक के सीने में घुस गया। पाइप इतना लंबा था कि मौके पर ही उसे कटर से काटना पड़ा। अत्यधिक रक्तस्राव के कारण युवक को शॉक की स्थिति में अस्पताल लाया गया। एमबी अस्पताल के रेडियोलॉजी विभाग के प्रोफेसर डॉ. कुशल गहलोत द्वारा किए गए सीटी स्कैन में पता चला कि 4 सेमी मोटा पाइप पसलियां तोड़ते हुए फेफड़े को चीरकर गर्दन तक पहुंच गया था। इससे सबक्लेवियन धमनी और शिरा भी क्षतिग्रस्त हो गई थीं, जिससे फेफड़ों में भारी रक्तस्राव (हीमोथोरेक्स) हो गया था। कार्डियोथोरेसिक सर्जन डॉ. विनय नैथानी के नेतृत्व में टीम ने तत्काल ऑपरेशन शुरू किया। सावधानीपूर्वक सर्जरी कर एल आकार के पाइप को शरीर से निकाला गया। इसके बाद क्षतिग्रस्त रक्त वाहिकाओं की मरम्मत (वैस्कुलर रिपेयर), फेफड़े का उपचार और टूटी पसलियों का पुनर्निर्माण किया गया। एनेस्थीसिया विभाग की प्रमुख डॉ. उदिता नैथानी और डॉ. महेश सोमानी ने मरीज की नाजुक स्थिति में सुरक्षित एनेस्थीसिया दिया। सर्जिकल टीम में डॉ. गिरीश, डॉ. ज्योतिद्रों और नर्सिंग अधिकारी संतोष पुरी गोस्वामी सहित ओटी व आईसीयू स्टाफ का अहम योगदान रहा। डाक्टर्स ने बताया कि सफल सर्जरी के बाद मरीज की स्थिति अब स्थिर है और वह तेजी से स्वस्थ हो रहा है। वह सामान्य आहार भी लेने लगा है। आरएनटी मेडिकल कॉलेज के प्रिंसिपल डॉ. राहुल जैन ने बताया कि इस तरह के ‘इम्पेलमेंट इंजरी’ मामलों में मृत्यु दर बहुत अधिक होती है, लेकिन समय पर सही निर्णय और टीमवर्क से एक जीवन बचाया जा सका। चिकित्सकों ने बताया कि ऐसे हादसों में घाव पर दबाव डालना मददगार हो सकता है, लेकिन शरीर में घुसी वस्तु को कभी भी खुद निकालने का प्रयास नहीं करना चाहिए।
हाईकोर्ट ने डिग्रीधारकों की याचिका खारिज की:जूनियर इंजीनियर भर्ती में डिप्लोमा ही मान्य योग्यता
इलाहाबाद हाईकोर्ट की लखनऊ खंडपीठ ने जूनियर इंजीनियर भर्ती में बीटेक और बीई डिग्रीधारकों को शामिल करने की मांग को खारिज कर दिया है। अदालत ने स्पष्ट किया कि जब भर्ती विज्ञापन में केवल तीन वर्षीय इंजीनियरिंग डिप्लोमा को ही अनिवार्य योग्यता तय किया गया है, तो डिग्रीधारकों को स्वतः पात्र नहीं माना जा सकता। न्यायमूर्ति आलोक माथुर और न्यायमूर्ति मनीष कुमार की खंडपीठ ने ग्रेजुएट इंजीनियर वेलफेयर एसोसिएशन सहित अन्य याचिकाओं पर यह फैसला सुनाया। याचिकाकर्ताओं ने 7 मार्च 2024 को जारी उस विज्ञापन को चुनौती दी थी, जिसमें सिर्फ डिप्लोमाधारकों को आवेदन की अनुमति दी गई थी। अदालत ने अपने आदेश में कहा कि डिग्री और डिप्लोमा दो अलग-अलग शैक्षणिक योग्यताएं हैं। बिना किसी सरकारी शासनादेश के इन्हें समान नहीं माना जा सकता। कोर्ट ने यह भी स्पष्ट किया कि भर्ती एजेंसी को योग्यता तय करने का अधिकार है और इसमें न्यायिक हस्तक्षेप की गुंजाइश नहीं है। याचिकाकर्ताओं का तर्क था कि वे डिप्लोमाधारकों से अधिक योग्य हैं, इसलिए उन्हें भी भर्ती प्रक्रिया में शामिल किया जाना चाहिए। उन्होंने अपने पक्ष में सुप्रीम कोर्ट के एक फैसले का हवाला दिया, लेकिन अदालत ने पाया कि वह मामला इस प्रकरण से अलग परिस्थितियों वाला था। अंततः अदालत ने कहा कि चूंकि डिग्री को डिप्लोमा के बराबर घोषित करने वाला कोई शासनादेश मौजूद नहीं है, इसलिए डिग्रीधारी उम्मीदवार इस भर्ती के लिए पात्र नहीं हैं।
बुलंदशहर के शिकारपुर कोतवाली क्षेत्र में रानऊ गांव के पास एक सड़क हादसे में एक व्यक्ति की मौत हो गई और सात अन्य घायल हो गए। ये सभी लोग बुलंदशहर न्यायालय से तारीख कर ऑटो से वापस लौट रहे थे। प्रत्यक्षदर्शियों और पुलिस के अनुसार, ऑटो चालक ने सामने से आ रही एक अनियंत्रित कार को बचाने का प्रयास किया। इस दौरान ऑटो का संतुलन बिगड़ गया और वह सड़क किनारे पलट गया। हादसे के बाद कार चालक अपनी गाड़ी लेकर मौके से फरार हो गया। हादसे का शिकार हुए अधिकांश लोग शिकारपुर तहसील के खखूंडा गांव के निवासी हैं। मृतक की पहचान 60 वर्षीय कालीचरण पुत्र पंचम के रूप में हुई है, जिन्होंने अस्पताल ले जाते समय रास्ते में दम तोड़ दिया। घायलों में खखूंडा गांव के चुन्नी सिंह (40), सुरजीत (65), सुंदर सिंह (55), मनवीर सिंह (60), मदनलाल (60), भानु प्रकाश (60) और महमूदपुर गांव के दीपक (27) शामिल हैं। हादसे की सूचना मिलने पर स्थानीय लोगों ने एंबुलेंस को बुलाया। सभी घायलों को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC) शिकारपुर में भर्ती कराया गया। प्राथमिक उपचार के बाद, दो घायलों की गंभीर स्थिति को देखते हुए उन्हें जिला चिकित्सालय रेफर कर दिया गया है। सूचना मिलते ही शिकारपुर थाना प्रभारी यज्ञ दत्त शर्मा पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने मृतक के शव का पंचनामा भरकर पोस्टमार्टम के लिए जिला मुख्यालय भेज दिया है। थाना प्रभारी यज्ञ दत्त शर्मा ने बताया, सूचना मिलते ही पुलिस टीम ने राहत कार्य शुरू किया और घायलों को तत्काल अस्पताल पहुंचाया गया। फिलहाल मामले की जांच की जा रही है।
हजारीबाग मुफस्सिल थाना क्षेत्र के पौता जंगल स्थित दंदाहा नदी से सोमवार को तीन शव बरामद होने से इलाके में सनसनी फैल गई। मृतकों में दो युवती वशिफा नाज उर्फ खुशी, सानिया परवीन और एक युवक आदिल हुसैन शामिल हैं। परिजनों ने तीनों की हत्या की आशंका जाहिर की है। घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस मौके पर पहुंची और शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया। दरअसल, तीनों युवक-युवतियां 23 अप्रैल से लापता थे। तीनों आपस में मौसेरे भाई-बहन थे। गुमशुदगी का दिया गया था आवेदनपरिजनों द्वारा उनकी गुमशुदगी को लेकर मुफस्सिल थाना में आवेदन भी दिया गया था। काफी तलाश के बावजूद उनका कोई सुराग नहीं मिल पाया था, जिसके बाद सोमवार को अचानक दंदाहा नदी में तीनों के शव मिलने से परिजनों में कोहराम मच गया। परिजनों ने इस पूरे मामले में हत्या की आशंका जताते हुए निष्पक्ष जांच की मांग की है। उनका कहना है कि यह मामला साधारण नहीं है और तीनों की मौत के पीछे साजिश हो सकती है। इधर, सदर अनुमंडल क्षेत्र के एसडीपीओ अमित आनंद ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच शुरू कर दी है। इलाके में दहशत और तनाव का माहौलप्रारंभिक तौर पर सभी बिंदुओं पर जांच की जा रही है। एसडीपीओ का कहना है कि पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के वास्तविक कारणों का खुलासा हो सकेगा। घटना के बाद इलाके में दहशत और तनाव का माहौल है। स्थानीय लोग भी इस घटना से स्तब्ध हैं और जल्द से जल्द सच्चाई सामने लाने की मांग कर रहे हैं।
देवास के बीराखेड़ी क्षेत्र में सोमवार देर शाम ईंट भट्टों के पीछे स्थित नाले में एक महिला का शव मिलने से इलाके में सनसनी फैल गई। स्थानीय लोगों ने शव देखकर तुरंत पुलिस को सूचना दी। सूचना मिलते ही औद्योगिक थाना पुलिस टीम मौके पर पहुंची। नाले तक पहुंचने का रास्ता कठिन होने के कारण स्थानीय लोगों की मदद ली गई। पुलिस और स्थानीय लोगों ने लाठी-लकड़ियों की मदद से शव तक पहुंचकर रात करीब साढ़े आठ बजे उसे नाले से बाहर निकाला। पुलिस के अनुसार शव करीब दो से तीन दिन पुराना प्रतीत हो रहा है। मौके पर मौजूद लोगों से शिनाख्ती कराई गई, लेकिन महिला की पहचान नहीं हो सकी। महिला की उम्र 40 से 50 वर्ष के बीच बताई गई प्रारंभिक अनुमान के अनुसार महिला की उम्र 40 से 50 वर्ष के बीच है। पानी में रहने के कारण शव फूल चुका था, जिससे पहचान और मुश्किल हो गई। औद्योगिक थाना प्रभारी शशिकांत चौरसिया ने बताया कि महिला की पहचान के प्रयास जारी हैं। शव को पोस्टमार्टम के लिए जिला अस्पताल भेजा गया है, रिपोर्ट के बाद ही मौत के कारण स्पष्ट होंगे।
आजमगढ़ डीएम रविन्द्र कुमार की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट सभागार मे चकबंदी विभाग के कार्यों की समीक्षा बैठक आयोजित की गयी। डीएम ने निर्देश दिया कि सभी चकबंदी अधिकारी नियमित रूप से कोर्ट में बैठना सुनिश्चित करें। उन्होंने कहा कि कोर्ट केस में डिस्पोजल की संख्या बढ़ाए। प्रक्रियाधीन चकबंदी ग्रामों से किसी भी प्रकार की गड़बड़ी की शिकायत नहीं आनी चाहिए। सरायमोहन ग्राम के चकबंदी कार्य क़ो अगस्त माह के अंत तक पूर्ण करायें। इसके साथ ही ग्रामो में चल रहे चकबंदी कार्य का सभी एसओसी नियमित रूप से भ्रमण करें। और ग्रामो में बैठक कर ग्रामीणों की समस्याओं क़ो सुने और नियमानुसार आवश्यक कार्यवाही करें। जिससे कि किसी ग्राम में किसी भी चकबंदी लेखपाल द्वारा चकबंदी कार्य में गड़बड़ी न करे। इसके साथ ही लापरवाह और गड़बड़ी करने वाले चकबंदी लेखपालों के विरुद्ध कार्रवाई भी करें। मई माह तक प्रेषित करें रिपोर्टडीएम ने निर्देश दिया कि धारा 52 के अंतर्गत ग्रामो में प्रक्रियाधीन कार्य को मई के प्रथम सप्ताह में पूर्ण कर रिपोर्ट प्रेषित करें। उन्होंने कहा कि लंबे समय से एक ही जगह पर तैनात चकबंदी लेखपाल के कार्य क्षेत्र में बदलाव किया जाए। उन्होंने कहा कि पिछले एक वर्ष आईजीआरएस में जिन लेखपालों के विरुद्ध सबसे ज्यादा शिकायत आई है। उनमें से 5 लेखपालों को दूसरे तहसील में स्थानांतरित किया जाए। बैठक में मुख्य राजस्व अधिकारी संजीव ओझा, उपसंचालक चकबंदी रामकिशोर और समस्त एसओसी उपस्थित रहे।
अब नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी (NIT) कुरुक्षेत्र में महिला आयोग की एंट्री भी हो गई। कल यानी मंगलवार को महिला आयोग टीम NIT का विजिट करेगी। पिछले 2 माह में चार स्टूडेंट के सुसाइड करने में मामले में घिरे NIT प्रशासन से हरियाणा मानवाधिकार आयोग ने भी जवाब मांगा है। हरियाणा महिला आयोग की अध्यक्ष रेनू भाटिया कल NIT में आएंगी। माना यही जा रहा है कि महिला आयोग की टीम NIT की छात्रा दीक्षा दुबे के सुसाइड और सुसाइड अटेम्प्ट करने वाली छात्रा के मामले की जांच करने और कार्रवाई की समीक्षा करने के लिए पहुंच रही हैं। पिछले सप्ताह हुए प्रशासिनक बदलाव बता दें कि शनिवार को ही NIT के जॉइंट रजिस्ट्रार ज्ञान रंजन सामंत्रे (GA) को सस्पेंड कर दिया गया था। इसी दिन NIT के डायरेक्टर प्रो. बीवी रमना रेड्डी का इस्तीफा भी मंजूर हो गया। तब NIT की ओर रातोंरात प्रो. ब्रह्मजीत सिंह को कार्यकारी डायरेक्टर नियुक्त कर दिया गया। यह कार्रवाई केंद्रीय शिक्षा मंत्रालय की टीम के दौरे के ठीक अगले दिन हुई थी। एनआईटी कुरुक्षेत्र में इस तरह चल रहा घटनाक्रम… 2026 में NIT में ये स्टूडेंट सुसाइड कर चुके 16 फरवरी को तेलंगाना निवासी 19 वर्षीय अंगोद शिवा ने हॉस्टल में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली थी। इसके बाद, 31 मार्च को नूंह जिले के घासैड़ा निवासी 22 वर्षीय पवन कुमार ने भी आत्महत्या कर ली। पवन कुमार इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग के सेंकेड ईयर का छात्र था। फिर, 9 अप्रैल को सिरसा जिले के गांव शेरपुर निवासी 22 वर्षीय प्रियांशु वर्मा, जो बीटेक के थर्ड ईयर का छात्र था, का शव हॉस्टल के कमरे में मिला। इसके बाद, 16 अप्रैल को बिहार के बक्सर की रहने वाली 19 वर्षीय दीक्षा दुबे ने अपने हॉस्टल के कमरे में फंदा लगाकर आत्महत्या कर ली। दीक्षा आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस एंड डेटा साइंस की छात्रा थी। दीक्षा दुबे की मौत के बाद, एक और छात्रा ने भी आत्महत्या करने की कोशिश की थी। इस छात्रा ने भी एनआईटी प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाए थे। इसके बाद यह मामला तूल पकड़ गया था। छात्रों ने किया था हंगामा, हॉस्टल खाली करने के हुए थे आदेश दो महीने में ही सुसाइड के चार केस आने के बाद स्टूडेंट का गुस्सा फूट पड़ा था। उन्होंने रात भर हंगामा किया था। कई टीचर्स पर गंभीर आरोप लगाए थे। पुलिस और एनआईटी प्रशासन ने जांच के लिए कमेटी बनाने और कुछ टीचर्स पर कार्रवाई करने का आश्वासन देकर मामला शांत कराया था। आरोप है कि मामले में एक्शन लेने के बजाय कॉलेज प्रशासन चार मई तक छुट्टी घोषित कर दी थी। साथ ही हॉस्टल को तत्काल खाली करने के आदेश जारी कर दिए थे। छात्रों ने इसका विरोध जताते हुए आरोप लगाया था कि बच्चों को जांच से दूर रखने के लिए यह कदम उठाया है। इसकी शिकायत केंद्रीय शिक्षा मंत्रालय से भी की गई थी। शुक्रवार को जांच करने आई थी केंद्रीय मंत्रालय की टीम इसके बाद शुक्रवार को केंद्रीय शिक्षा मंत्रालय के उच्च शिक्षा विभाग के सचिव वरिष्ठ IAS अधिकारी डॉ. विनित जोशी समेत पांच अधिकारियों की टीम ने NIT का दौरा किया था। टीम ने संस्थान में प्रशासनिक कामकाज, फैसलों और हाल के घटनाक्रम की जानकारी जुटाई थी। सूत्रों के मुताबिक, केंद्रीय मंत्रालय की टीम ने स्टूडेंट से बात की थी। इसमें सुसाइड करने वालों छात्र-छात्राओं, टीचर्स के व्यवहार, मिलने वाली सुविधाओं सहित कई बिंदुओं पर जानकारी जुटाई थी। टीम के जाने के बाद पहले जॉइंट रजिस्ट्रार को सस्पेंड किया गया, अब डायरेक्टर प्रो. बीवी रमना रेड्डी को हटाने की कार्रवाई हुई। इस तरह लगातार विवादों में घिर रहा एनआईटी कुरुक्षेत्र… प्रशासनिक और वित्तीय अधिकारों पर लगा दी थी रोक 29 मार्च को केंद्रीय शिक्षा मंत्रालय ने तत्काल प्रभाव से NIT के डायरेक्टर प्रो. बीवी रमना रेड्डी के प्रशासनिक और वित्तीय अधिकारों पर रोक लगा दी थी। इससे पहले रजिस्ट्रार सामंत्रे को 15 मार्च के आसपास उनके पद से हटाकर प्रो. ब्रह्मजीत सिंह को रजिस्ट्रार नियुक्त किया था। मंत्रालय के आदेश के बाद अगले ही दिन बड़ा प्रशासनिक फेरबदल किया गया। प्रो. ब्रह्मजीत सिंह को कार्यकारी डायरेक्टर की जिम्मेदारी सौंपी गई, जबकि प्रो. विनोद मित्तल को नया रजिस्ट्रार नियुक्त किया गया। भर्ती, प्रमोशन से लेकर वेकेंट पोस्ट की चल रही जांच असल में NIT में भर्ती, प्रमोशन, शिकायतें, रैंकिंग में आई गिरावट और वेकेंट पोस्ट को लेकर जांच कर रही है। इसके अलावा डायरेक्टर पर अपने होम स्टेट तेलंगाना से ज्यादा स्टाफ भर्ती का आरोप भी है। इन मामले की जांच के लिए मंत्रालय की ओर से रिव्यू कमेटी बनाई गई थी। इसी हफ्ते नेक के चेयरमैन प्रो. अनिल सहस्रबुद्धे की अगुआई में रिव्यू कमेटी ने 23 और 24 अप्रैल को दूसरी बार NIT का दौरा किया। इस टीम में VNIT नागपुर के बोर्ड ऑफ गवर्नर्स के अध्यक्ष रिटायर्ड IAS एम. मदन गोपाल और MANIT भोपाल के डायरेक्टर प्रो. केके शुक्ला बतौर मेंबर शामिल हुए।
कोटा में जेईई की तैयारी कर रहे बिहार के समस्तीपुर जिले के विभूतिपुर गांव 19 साल के सावन कुमार ने जेईई मेन में 99.1473246 पर्सेंटाइल स्कोर किया है और अब जेईई-एडवांस के लिए तैयारी कर रहा है। सावन ने बताया कि जब वह दो साल का था तब पोलियो से ग्रस्त हो गया था। इसके कारण दोनों पैरों में लगभग 70 प्रतिशत लोकोमोटर डिसएबिलिटी विकसित हो गई, जिससे चलने में कठिनाई होती है, अभी भी चलने में परेशानी होती है। इस शारीरिक स्थिति को कभी कमजोरी नहीं बनने दिया। सावन एक साधारण किसान परिवार से है। पिता प्रभु राय के पास अपनी खेती की जमीन नहीं है और वे बटाई पर खेती करके परिवार का पालन-पोषण करते हैं। सावन की प्रारंभिक शिक्षा गांव के ही एक स्कूल में हुई। बाद में प्रवेश परीक्षा में श्रेष्ठता साबित करते हुए बिहार के सिमुलतला आवासीय विद्यालय, जमुई में कक्षा 6 से 10 तक निशुल्क शिक्षा ली। कक्षा 10 की बिहार बोर्ड परीक्षा में मेरिट सूची में 10वां स्थान हासिल करने के बाद परिजनों ने इंजीनियरिंग की तैयारी के लिए उसे कोटा में भेजने का निर्णय लिया। आईआईटी से कम्प्यूटर साइंस लक्ष्यकोटा में सावन को कोचिंग संस्थान की तरफ से अस्सी फीसदी की रियायत मिली। सावन का कहना है कि यह सहयोग उनके लिए बेहद जरूरी साबित हुआ। अगर यह सहायता नहीं मिलती, तो उनके लिए उच्च स्तर की तैयारी करना संभव नहीं होता। किसी भी प्रकार की शारीरिक कमी को अपनी कमजोरी न बनने दें। शिक्षा के माध्यम से खुद को सशक्त बनाएं और अपने व्यक्तित्व में सकारात्मक बदलाव लाने का प्रयास करें। जेईई मेन में प्रदर्शन के बाद अब सावन का अगला लक्ष्य जेईई एडवांस 2026 में सफलता हासिल करना है। वे देश के शीर्ष संस्थानों, आईआईटी बॉम्बे, आईआईटी दिल्ली या आईआईटी मद्रास में कंप्यूटर साइंस की पढ़ाई करना चाहते हैं। भविष्य में वे सिविल सेवा में जाकर समाज के गरीब और जरूरतमंद वर्ग की सेवा करना चाहते हैं। परिवार ने किया मोटिवेटसावन ने बताया कि उनके जीवन में परिवार की भूमिका बेहद महत्वपूर्ण रही है। परिवार ने भी हमेशा सामान्य जीवन जीने के लिए प्रेरित किया और कभी यह महसूस नहीं होने दिया कि वे किसी तरह से पीछे हैं। चलने-फिरने में दिक्कत होने के बावजूद माता-पिता ने हमेशा आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया। हर परिस्थिति में उनका मनोबल बढ़ाया, जिससे सावन ने शिक्षा को ही अपनी सबसे बड़ी ताकत बना लिया।
जोधपुर में कांग्रेस के वरिष्ठ नेता धर्मेंद्र सिंह राठौड़ ने कहा- ईडब्ल्यूएस आरक्षण की जटिल शर्तों को समाप्त किया जाए और “राजस्थान मॉडल” को देशभर में लागू किया जाए। राठौड़ ने कहा- यह मुद्दा सामान्य वर्ग के गरीबों के अधिकारों से जुड़ा हुआ है। उन्होंने कहा- वर्ष 2019 में दिए गए 10 प्रतिशत ईडब्ल्यूएस आरक्षण का पूरा लाभ जटिल शर्तों के कारण पात्र लोगों तक नहीं पहुंच पा रहा। उन्होंने कहा कि राजस्थान में 671 जातियां ओबीसी वर्ग में शामिल हैं, जबकि केंद्र स्तर पर उन्हें सामान्य वर्ग में रखा गया है। ऐसे में उन्हें ईडब्ल्यूएस के तहत आरक्षण का प्रावधान है। ईडब्ल्यूएस आरक्षण में संशोधन और प्रक्रिया को सरल बनाने की मांग को लेकर जोधपुर में सोमवार को विचार गोष्ठी एवं संगोष्ठी में उन्होंने यह कहा। कार्यक्रम में धर्मेंद्र सिंह राठौड़ ने प्रेस से रूबरू होते हुए केंद्र सरकार की नीतियों पर सवाल उठाए। शर्तें जटिल होने से लाभ सीमित धर्मेंद्र सिंह राठौड़ ने बताया- पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने अपने पहले कार्यकाल में 14 प्रतिशत आरक्षण देने की पहल की थी। राठौड़ ने आरोप लगाया- मौजूदा केंद्र सरकार ने आरक्षण को 14 प्रतिशत से घटाकर 10 प्रतिशत कर दिया और शर्तें इतनी जटिल बना दीं कि लाभ सीमित हो गया। उन्होंने कहा- वर्ष 2020 में राजस्थान सरकार ने नियमों में शिथिलता देकर ईडब्ल्यूएस प्रक्रिया को सरल बनाया, जिससे युवाओं को लाभ मिला। उन्होंने आंकड़े देते हुए बताया- जोधपुर में राज्य स्तर पर 7700 ईडब्ल्यूएस प्रमाणपत्र जारी हुए, जबकि केंद्र स्तर पर केवल 1646 प्रमाणपत्र बने। राठौड़ ने कहा कि देश के 8 राज्यों में ईडब्ल्यूएस की शर्तें सरल हो चुकी हैं, लेकिन केंद्र में अब भी जटिलता बनी हुई है। राजस्थान मॉडल लागू किया जाए धर्मेंद्र सिंह राठौड़ ने केंद्र सरकार से मांग की कि ईडब्ल्यूएस आरक्षण की जटिल शर्तों को समाप्त किया जाए और “राजस्थान मॉडल” को देशभर में लागू किया जाए। इससे अधिक से अधिक जरूरतमंद युवाओं को इसका लाभ मिल सकेगा। इस मौके पर कांग्रेस नेता महेंद्र बिश्नोई, ओमकार वर्मा सहित विभिन्न समाजों के लोग उपस्थित रहे।
बुरहानपुर में 33-11 केवी आजाद नगर उपकेंद्र के रखरखाव कार्य के कारण मंगलवार, 28 अप्रैल को बिजली आपूर्ति बाधित रहेगी। मध्य प्रदेश पश्चिम क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी द्वारा यह मेंटेनेंस किया जाएगा। सुबह 8 बजे से 9:30 बजे तक, कुल डेढ़ घंटे के लिए विद्युत प्रदाय बंद रहेगा। इससे उपकेंद्र से निकलने वाले चार 11 केवी फीडर प्रभावित होंगे, जिनमें नागझिरी फीडर, आजाद नगर फीडर, गुजराती स्कूल प्रथम और गुजराती स्कूल द्वितीय फीडर शामिल हैं। इस बिजली कटौती से दो दर्जन से अधिक क्षेत्र प्रभावित होंगे। इनमें उदासीन आश्रम, नागझिरी घाट, इतवारा, बंगड़ीवाला, बैरी मैदान, बुधवारा चौराहा, कादरिया स्कूल, बीबी की मस्जिद, कड़वी बाजार, अख्तर कॉलोनी, ट्रांसपोर्ट नगर, टीआईटी कॉलोनी, हनुमान साइजिंग, आलमगंज क्षेत्र, सिंधीपुरा गेट, आजाद नगर चौराहा, ग्रामीण क्षेत्र की एल लाइन, बड़ी मजार, लोहार मंडी, सोनार पट्टी, सिंधी धर्मशाला, गुजराती स्कूल, कांच मंदिर क्षेत्र, सरदार पटेल कॉलोनी और खैरखानी वार्ड शामिल हैं। सहायक यंत्री एचटी मेंटेनेंस रोहित भारती ने बताया कि कार्य की आवश्यकता के अनुसार बिजली कटौती का समय कम या ज्यादा किया जा सकता है।
भूपाल नोबल्स विद्या प्रचारिणी सभा के भौतिक कब्जा दिलाए जाने की मांग को लेकर मेवाड़ क्षत्रिय महासभा संस्थान की जिला प्रशासन के साथ सोमवार को बैठक हुई। करीब 3 घंटे तक चली वार्ता के बाद संस्थान ने 28 अप्रैल को अपना प्रस्तावित आंदोलन स्थगित कर दिया है। प्रशासन ने 2 दो दिन में इस संबंध में कार्रवाई करने का आश्वासन दिया है। संस्थान अध्यक्ष बालूसिंह कानावत ने बताया कि प्रशासन ने हमारी मांगों पर गंभीरता दिखाते हुए 2 दिन में सकारात्मक समाधान का आश्वासन दिया है। समाधान नहीं होता है तो आगे की रणनीति तय की जाएगी। बैठक में आईजी गौरव श्रीवास्तव, एसपी डॉ अमृता दुहन, एडिशनल एसपी उमेश ओझा, कलेक्टर गौरव अग्रवाल, एडीएम जितेन्द्र औझा सहित संस्थान पदाधिकारी मौजूद थे। चार्ज के लिए बनी है टकराव की स्थितिबता दें, पूर्व प्रबंधन का कार्यकाल 12 फरवरी 2026 को समाप्त हो चुका था। इसके बाद चुनाव होने थे लेकिन वर्तमान प्रबंधन द्वारा नए सदस्यों को जोड़ने को लेकर विवाद हो गया था। ऐसे में जो सभा के सदस्य नहीं बन सके, वे कोर्ट चले गए थे। कोर्ट ने अपने आदेश में कहा था कि सभा के प्रधान संरक्षक और अध्यक्ष विश्वराजसिंह मेवाड़ इस संबंध में निर्णय लेने के लिए स्वतंत्र हैं। इसके बाद प्रधान संरक्षक ने एक एडहॉक कमेटी का गठन किया था, जिन्हें चार्ज लेकर ऑडिट कराने की जिम्मेदारी दी गई थी लेकिन वर्तमान चार्ज संभाल रही कार्यकारिणी इसके लिए राजी नहीं है। ऐसे में एडहॉक कमेटी और पूर्व कार्यकारिणी में टकराव की स्थिति बनी हुई है।
धार के राजगढ़ थाना क्षेत्र के ग्राम धुलेट में सोमवार को एक युवक का शव इमली के पेड़ से लटका मिलने से इलाके में सनसनी फैल गई। ग्रामीणों ने खेत की ओर जाते समय शव देखा, जिसके बाद बड़ी संख्या में लोग मौके पर एकत्र हो गए। शव दिखाई देने के बाद ग्रामीणों ने तुरंत राजगढ़ पुलिस को सूचना दी। सूचना मिलते ही बड़ी संख्या में ग्रामीण मौके पर पहुंच गए और क्षेत्र में हड़कंप मच गया। पुलिस टीम मौके पर पहुंची और घटनास्थल का मुआयना किया। शव को पेड़ से नीचे उतरवाकर पंचनामा कार्रवाई की गई और पोस्टमार्टम के लिए अस्पताल भेजा गया। 26 वर्षीय धीरज के रूप में हुई पहचान मृतक की पहचान 26 वर्षीय धीरज पिता गणपत, निवासी धुलेट के रूप में हुई है। मृतक की शादी दो साल पहले हुई थी और उसकी एक छोटी बच्ची भी है। घटना के बाद परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। परिजनों के अनुसार, धीरज रविवार को इंडोरामा में एक बारात में शामिल होने गया था। वह रात करीब 8 बजे घर लौटा और फिर दुकान जाने की बात कहकर निकला। रात 10 बजे वापस आने के बाद वह फिर घर से बाहर गया और लौटकर नहीं आया। पुलिस के अनुसार प्रारंभिक जांच में मामला आत्महत्या का प्रतीत हो रहा है। हालांकि, वास्तविक कारण पोस्टमार्टम रिपोर्ट और विस्तृत जांच के बाद स्पष्ट होगा। पुलिस मामले की जांच में जुटी है।
जशपुर में परिसीमन को लेकर सियासी संग्राम तेज:विधायक विद्यावती सिदार का भाजपा पर सीधा हमला
जशपुरनगर में रायगढ़ जिले के लैलूंगा विधानसभा क्षेत्र की विधायक विद्यावती सिदार ने भाजपा पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस महिला आरक्षण का नहीं, बल्कि जनगणना प्रक्रिया पूरी होने से पहले 'पिछले दरवाजे' से परिसीमन करने के भाजपा और उसके सहयोगी दलों के प्रयासों का विरोध कर रही है। विधायक सिदार जिला कांग्रेस भवन में आयोजित पत्रकारवार्ता को संबोधित कर रही थीं। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि महिला आरक्षण बिल 2023 संसद से पारित होकर राष्ट्रपति के हस्ताक्षर के बाद कानून बन चुका है। भाजपा का आरोप निराधार:विधायक सिदारविधायक सिदार ने जोर देकर कहा कि महिलाओं को शासन-प्रशासन में अधिक से अधिक प्रतिनिधित्व देना कांग्रेस की हमेशा प्राथमिकता रही है। उन्होंने उदाहरण देते हुए बताया कि देश को इंदिरा गांधी के रूप में पहली महिला प्रधानमंत्री, मीरा कुमार के रूप में पहली लोकसभा अध्यक्ष और विजय लक्ष्मी पंडित के रूप में पहली महिला राजदूत कांग्रेस ने ही दी है। ऐसे में भाजपा और उसके सहयोगी दलों के लगाए गए आरोप पूरी तरह निराधार हैं। विधायक सिदार ने बीजेपी पर आरोप लगाए मीडिया के सवालों का जवाब देते हुए विधायक सिदार ने आरोप लगाया कि हाल ही में लोकसभा में एनडीए ने प्रस्तुत किया गया नारी शक्ति वंदन संशोधन विधेयक पूरी तरह से पश्चिम बंगाल और तमिलनाडु में होने वाले चुनावों से प्रेरित था।उन्होंने कहा कि लोकसभा में अपेक्षित परिणाम न मिलने के बाद प्रधानमंत्री सहित भाजपा और एनडीए के मंत्री व नेता कांग्रेस पर दोष मढ़ने का प्रयास कर रहे हैं, लेकिन देश की जनता सब समझ रही है।राजीव गाँधी ने दिया था 33 प्रतिशत आरक्षण इस पत्रकारवार्ता में कांग्रेस की प्रदेश सचिव रत्ना पैंकरा भी मौजूद थीं। उन्होंने बताया कि देश में पहली बार महिलाओं को पंचायती राज अधिनियम के माध्यम से 33 प्रतिशत आरक्षण कांग्रेस के पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी ने दिया था। पैंकरा ने यह भी उल्लेख किया कि उन्होंने स्वयं पंचायती राज अधिनियम में मिले आरक्षण के आधार पर पहली बार चुनाव लड़ा था।
प्राइवेट बस में आग लगी, 2 लोग जिंदा जले:भिवानी से हांसी जा रही थी बस; मिलकपुर गांव के पास हादसा
हरियाणा के हांसी में सोमवार देर शाम एक प्राइवेट बस में अचानक आग लग गई। जिसमें 2 लोग जिंदा जल गए। अभी तक मृतकों की पहचान नहीं हो पाई है। बस भिवानी से हांसी की तरफ जा रही थी। मिलकपुर गांव के पास यह हादसा हुआ। कुछ ही देर में पूरी बस आग की चपेट में आ गई। सूचना पाकर फायर ब्रिगेड की गाड़ियां मौके पर पहुंची और आग पर काबू पाया। हम इस खबर को लगातार अपडेट कर रहे हैं…
देवरिया में सोमवार को एक दर्जन से अधिक पेट्रोल पंपों पर पेट्रोल खत्म हो जाने से वाहन चालकों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। लगन के मौसम में दोपहिया और चारपहिया वाहनों की आवाजाही बढ़ने के कारण स्थिति और गंभीर हो गई। जिन पेट्रोल पंपों पर पेट्रोल उपलब्ध था, वहां सुबह से ही लंबी कतारें लग गईं। जिला मुख्यालय और आसपास के कई पेट्रोल पंपों पर सोमवार सुबह से ही पेट्रोल नहीं था। इससे लोग पेट्रोल के लिए एक पंप से दूसरे पंप तक भटकते रहे। 27 अप्रैल को लगन होने के कारण शादी-विवाह में शामिल होने वाले लोगों की संख्या अधिक थी, जिससे सड़कों पर वाहनों की आवाजाही सामान्य दिनों की तुलना में काफी ज्यादा रही। शाम करीब 7 बजे खुखुंदू स्थित एक पेट्रोल पंप पर पेट्रोल भरवाने के लिए सैकड़ों दोपहिया वाहनों का जमावड़ा लग गया। लोग घंटों अपनी बारी का इंतजार करते रहे। पंप पर व्यवस्थित लाइन न होने के कारण अफरा-तफरी का माहौल बना रहा। हर कोई पहले पेट्रोल भरवाने की कोशिश में था, जिससे कई बार आपसी कहासुनी और झड़प की स्थिति बन गई। परिवारों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा स्थिति उस समय और तनावपूर्ण हो गई जब कुछ लोगों की पेट्रोल पंप कर्मचारियों से बहस हो गई। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और लोगों को समझाकर मामला शांत कराया। पुलिस की मौजूदगी में पेट्रोल वितरण दोबारा सुचारु किया गया। जिला पूर्ति अधिकारी संजय पांडे ने बताया कि बैतालपुर डिपो से पेट्रोल की निकासी प्रभावित होने के कारण जिले के कुछ पेट्रोल पंपों पर आपूर्ति बाधित हुई है। उन्होंने आश्वासन दिया कि जल्द ही आपूर्ति सामान्य कर दी जाएगी और सभी पंपों पर पेट्रोल उपलब्ध हो जाएगा। फिलहाल, पेट्रोल की कमी से आम लोगों, खासकर शादी समारोह में शामिल होने वाले परिवारों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
धार के आदर्श सड़क शहीद चौराहा पर सोमवार शाम एक तेज रफ्तार ऑल्टो कार अनियंत्रित होकर डिवाइडर से टकरा गई। इस घटना में किसी तरह की जनहानि नहीं हुई, हालांकि कार को नुकसान पहुंचा है। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, कार (क्रमांक MP 13 CB 3290) त्रिमूर्ति चौराहा से घोड़ा चौपाटी की ओर जा रही थी। इसी दौरान वाहन अनियंत्रित होकर डिवाइडर से जा टकराया। हादसे के समय कार में चालक अकेला सवार था, जो देवास का निवासी बताया जा रहा है। वह धार में एक शादी समारोह में शामिल होने आया था। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, चालक शराब के नशे में था, जिसके कारण वह वाहन पर नियंत्रण नहीं रख सका और हादसा हो गया। टक्कर की तेज आवाज से मौके पर जुटे लोग टक्कर की आवाज सुनकर आसपास के लोग मौके पर जमा हो गए। गनीमत रही कि चालक और राहगीर सभी सुरक्षित रहे और बड़ा हादसा टल गया। सूचना मिलते ही कोतवाली पुलिस मौके पर पहुंची और यातायात व्यवस्था को संभाला। कुछ समय के लिए मार्ग पर जाम की स्थिति रही, जिसे बाद में सामान्य कर दिया गया।
गोरखपुर के विद्युत कर्मचारियों ने बिजली के निजीकरण के विरोध में आंदोलन तेज कर दिया है। संयुक्त किसान मोर्चा के प्रदेशव्यापी आह्वान के साथ जुड़ते हुए कर्मचारियों ने विभिन्न स्थानों पर विरोध प्रदर्शन कर सरकार से निजीकरण की प्रक्रिया तुरंत वापस लेने की मांग की। विद्युत कर्मचारी संयुक्त संघर्ष समिति से जुड़े कर्मचारियों ने कहा कि बिजली व्यवस्था को निजी हाथों में सौंपने से आम उपभोक्ताओं पर सीधा असर पड़ेगा। उनका कहना है कि निजीकरण के बाद बिजली दरों में बढ़ोतरी तय है और ग्रामीण क्षेत्रों में आपूर्ति प्रभावित हो सकती है। 500 दिन से जारी है आंदोलनकर्मचारियों ने बताया कि वे पिछले करीब 500 दिनों से निजीकरण के खिलाफ लगातार आंदोलन कर रहे हैं। अब इस आंदोलन को किसानों और मजदूर संगठनों का भी समर्थन मिल रहा है, जिससे यह संघर्ष और व्यापक हो गया है। कर्मचारियों ने स्मार्ट मीटर की प्रीपेड व्यवस्था पर भी सवाल उठाए। उनका कहना है कि इससे उपभोक्ताओं पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ पड़ रहा है। साथ ही आंदोलन में शामिल कर्मचारियों पर हो रही कार्रवाई को भी तुरंत बंद करने की मांग की गई। जन-जागरण अभियान से बढ़ी सक्रियतासंघर्ष समिति द्वारा चलाए जा रहे जन-जागरण अभियान के तहत गोरखपुर समेत अन्य जिलों में लगातार सभाएं और बैठकें हो रही हैं। कर्मचारियों का कहना है कि वे लोगों को निजीकरण के प्रभावों के बारे में जागरूक कर रहे हैं। कर्मचारियों ने ऐलान किया है कि 13 मई को प्रदेश के सभी ऊर्जा निगमों में व्यापक विरोध प्रदर्शन किया जाएगा। इस दिन कर्मचारी काली पट्टी बांधकर काम करेंगे और अपना विरोध दर्ज कराएंगे। आंदोलन और तेज करने की चेतावनीसंघर्ष समिति के पदाधिकारियों ने कहा कि अगर सरकार ने जल्द निर्णय नहीं लिया तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा। कर्मचारियों ने साफ किया कि यह लड़ाई बिजली व्यवस्था, उपभोक्ताओं के हित और अपने अधिकारों की रक्षा के लिए जारी रहेगी।
गाजीपुर जनपद में स्व. निशा शर्मा के साथ हुए दुष्कर्म और हत्या के मामले में न्याय की मांग तेज हो गई है। कानपुर में विश्वकर्मा समाज और विभिन्न संगठनों ने इस घटना के विरोध में एकजुट होकर पीड़ित परिवार के लिए न्याय की गुहार लगाई है। विश्वकर्मा यूथ ब्रिगेड और समाजवादी युवजन सभा के प्रदेश उपाध्यक्ष एवं पार्षद अर्पित यादव के नेतृत्व में एक प्रतिनिधिमंडल ने राज्यपाल को सोमवार को संबोधित ज्ञापन सौंपा। यह ज्ञापन जिलाधिकारी के प्रतिनिधि के रूप में एडीएम सिटी डॉ. राजेश कुमार को दिया गया। ज्ञापन में दोषियों की शीघ्र गिरफ्तारी और उन्हें कड़ी सजा दिए जाने की मांग की गई है। प्रतिनिधिमंडल ने प्रशासन से मामले की निष्पक्ष जांच और सख्त कार्रवाई सुनिश्चित करने का आग्रह किया। प्रतिनिधिमंडल ने चेतावनी दी कि यदि जल्द न्याय नहीं मिला तो आंदोलन को और व्यापक रूप दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि समाज इस घटना को लेकर गंभीर है और न्याय मिलने तक संघर्ष जारी रहेगा। इस दौरान अखिल भारतीय विश्वकर्मा यूथ ब्रिगेड के जिलाध्यक्ष रोहित विश्वकर्मा और छात्र सभा के महानगर अध्यक्ष अनूप यादव सहित कई सामाजिक कार्यकर्ता मौजूद रहे।
कोटपूतली में देर शाम को चली धूल भरी आंधी:शादी समारोहों में टेंट उड़े, एलईडी स्क्रीन गिरी
कोटपूतली और आसपास के गांवों में सोमवार शाम को धूल भरी आंधी ने शादी समारोहों में भारी व्यवधान डाला। अबूझ सावे पर हो रहे विवाह आयोजनों में अचानक मौसम बदलने से अफरा-तफरी मच गई और लाखों रुपए का नुकसान हुआ। शाम करीब 6:30 बजे क्षेत्र में अचानक तेज धूल भरी आंधी शुरू हो गई। इससे कई स्थानों पर टेंट व्यवस्था पूरी तरह चरमरा गई। तेज हवाओं के कारण टेंट के कपड़े फट गए, गद्दे भीग गए और लोहे के पाइप और फ्रेम मुड़ गए। फेमस फोटो स्टूडियो के मालिक शंकर लाल यादव ने बताया- आंधी से एलईडी स्क्रीन गिरने से नुकसान हुआ। मान्यवाली निवासी टेंट व्यवसायी महावीर यादव ने बताया- उनके टेंट का कपड़ा फट गया, गद्दे भीग गए और कई लोहे के पाइप व ट्रस्ट (फ्रेम) मुड़ गए। हलवाई दिलीप सिंह ने बताया कि शादियों में गैस सिलेंडर की कमी के कारण लकड़ी की भट्टियों पर खाना बनाया जा रहा था। आंधी के कारण काम रोकना पड़ा, जिससे भोजन तैयार करने में काफी परेशानी हुई। खुले में खाना बनाना भी मुश्किल हो गया। विपिन खातोदीया ने अपने अनुभव साझा करते हुए बताया कि उनके बेटे की शादी के दौरान 'भात भरने' की रस्म चल रही थी, तभी अचानक तेज आंधी और बारिश शुरू हो गई। इस दौरान सभी लोग सुरक्षित रूप से मकान के अंदर चले गए, हालांकि तेज हवाओं के कारण टेंट का प्रवेशद्वार गिर गया।
कानपुर के सीपीसी रेलवे गोदाम में कारोबारियों और ट्रांसपोर्टरों की मुश्किलें थमने का नाम नहीं ले रही हैं। बढ़ते डेमरेज चार्ज और बदहाल बुनियादी ढांचे से परेशान व्यापारियों ने अब मोर्चा खोल दिया है। भारतीय उद्योग व्यापार प्रतिनिधिमंडल के प्रदेश अध्यक्ष ज्ञानेश मिश्र के नेतृत्व में एक प्रतिनिधिमंडल ने स्टेशन निदेशक (डिप्टी सीटीएम) आकांशु गोविल से मुलाकात कर अपनी मांगों का ज्ञापन सौंपा। व्यापारियों ने साफ कहा कि अगर व्यवस्था में सुधार नहीं हुआ, तो माल की आवक और भी कम हो जाएगी। व्यापारियों का कहना है कि दो साल पहले तक गोदाम का कार्य समय सुबह 6 बजे से रात 10 बजे तक यानी 16 घंटे था, जिसमें 8 घंटे की छूट मिलती थी। लेकिन इसे 24 घंटे किए जाने के बाद व्यापारियों पर डेमरेज और वारफेज चार्ज का भारी बोझ बढ़ गया है। ज्ञानेश मिश्र ने बताया कि रात के समय काम न के बराबर होता है, फिर भी व्यापारियों को आर्थिक नुकसान झेलना पड़ रहा है। इस कारण सीमेंट, फर्टिलाइजर और नमक का कारोबार ट्रकों की ओर शिफ्ट हो गया है, जिससे रेलवे का राजस्व भी प्रभावित हो रहा है। सड़कें और ड्रेनेज व्यवस्था ध्वस्तगोदाम के अंदर बुनियादी सुविधाओं की हालत भी बेहद खराब है। लोकल ट्रक सर्विस यूनियन के अध्यक्ष अब्दुल वहीद ने बताया कि गेट नंबर-2 के बाहर बनी सड़क दो साल पहले ही खराब हो गई। निर्माण में इस्तेमाल किए गए स्लीपरों की फिनिशिंग सही न होने से ट्रकों के टायर लगातार फट रहे हैं। उन्होंने कहा कि मानसून से पहले ड्रेनेज सिस्टम ठीक नहीं हुआ, तो जलभराव के कारण ट्रकों का फंसना तय है। इसके अलावा नए शेड में पानी टपकने से सीमेंट जैसी सामग्री भीगकर खराब हो रही है। स्ट्रीट लाइटें गायब, आवारा जानवरों का डेराव्यापारियों ने सुरक्षा और स्वच्छता को लेकर भी सवाल उठाए। प्रदेश मंत्री रोशन गुप्ता ने कहा कि गोदाम के अंदर लगी स्ट्रीट लाइटें चोरी हो चुकी हैं और आवारा जानवरों का जमावड़ा लगा रहता है, जिससे रात के समय काम करना जोखिम भरा हो गया है। इसके साथ ही मजदूरों और ड्राइवरों के लिए कैंटीन की मांग भी प्रमुखता से उठाई गई, ताकि उन्हें कम दाम पर भोजन मिल सके। स्टेशन निदेशक ने दिया कार्रवाई का आश्वासनव्यापारियों की तमाम शिकायतें सुनने के बाद स्टेशन निदेशक आकांशु गोविल ने भरोसा दिलाया कि गोदाम के अंदर की व्यवस्थाओं को जल्द सुधारा जाएगा। उन्होंने कहा कि 16 घंटे की शिफ्ट फिर से लागू करने की मांग का ज्ञापन उच्च अधिकारियों, डीआरएम प्रयागराज, को भेजा जाएगा। व्यापारियों ने स्पष्ट किया है कि यदि उनकी मांगें नहीं मानी गईं, तो व्यापार पर और बुरा असर पड़ सकता है।
प्रयागराज की सिविल लाइन्स पुलिस ने विस्फोटक पदार्थ अधिनियम से संबंधित एक वांछित आरोपी को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने यह कार्रवाई मुखबिर की सूचना पर की। आरोपी की तलाश सिविल लाइन्स थाने में दर्ज मुकदमा संख्या 133/2026 से संबंधित थी। यह मामला भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 326(जी) और विस्फोटक पदार्थ अधिनियम की धारा 4/6 के तहत पंजीकृत है। पुलिस को लंबे समय से इस वांछित अभियुक्त की तलाश थी। मुखबिर से मिली सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने त्वरित कार्रवाई की। सिविल लाइन्स स्थित एक बिरयानी रेस्टोरेंट के पास से आरोपी को गिरफ्तार किया गया। गिरफ्तार अभियुक्त की पहचान 20 वर्षीय शांतनु भारतीया के रूप में हुई है, जो लल्लू भारतीया का पुत्र और सदर बाजार, आनंदबाग, थाना कैंट, प्रयागराज का निवासी है। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, शांतनु भारतीया पर खतरनाक हथियार या विस्फोटक पदार्थ के उपयोग से संबंधित गंभीर आरोप हैं। पुलिस ने इस गिरफ्तारी को मामले में एक महत्वपूर्ण सफलता बताया है। गिरफ्तारी के बाद आरोपी के खिलाफ नियमानुसार आगे की कानूनी कार्यवाही शुरू कर दी गई है। पुलिस ने बताया कि मामले की विस्तृत जांच जारी है और यदि इस प्रकरण में किसी अन्य व्यक्ति की संलिप्तता पाई जाती है, तो उनके खिलाफ भी कड़ी कार्रवाई की जाएगी। सिविल लाइन्स पुलिस की इस कार्रवाई को क्षेत्र में कानून-व्यवस्था बनाए रखने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। स्थानीय पुलिस ने जनता से किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत पुलिस को देने की अपील की है।
गोरखपुर में मंगलवार को रहेगा बिजली शटडाउन:अलग-अलग समय पर होगी कटौती, उपभोक्ताओं से सहयोग की अपील
गोरखपुर में मंगलवार को सीएम ग्रीड योजना के तहत कार्य और उपकेंद्र पर तकनीकी सुधार के कारण राप्तीनगर और जगदीशपुर क्षेत्र में अलग-अलग समय पर बिजली आपूर्ति बाधित रहेगी। विभाग ने प्रभावित इलाकों के उपभोक्ताओं को पहले से सतर्क रहने को कहा है। राप्तीनगर के प्रमुख फीडर 5 घंटे बंद रहेंगेउपखंड अधिकारी राप्तीनगर के अनुसार 33/11 KV उपकेंद्र राप्तीनगर ओल्ड से निकलने वाले 11 KV कृष्ण नगर, रंजनकी नगर, मोती पोखरा, पत्रकारपुर, राप्तीनगर फेस थर्ड और दूरदर्शन फीडर की बिजली आपूर्ति सुबह 11 बजे से शाम 4 बजे तक बंद रहेगी। यह कटौती सीएम ग्रीड योजना के तहत लाइन और सिस्टम सुधार कार्य के चलते की जा रही है। जगदीशपुर में सीटी स्थापना के चलते 4 घंटे सप्लाई बाधितवहीं, जगदीशपुर उपकेंद्र पर करंट ट्रांसफॉर्मर (सीटी) लगाने का कार्य किया जाएगा। इसके कारण दोपहर 1 बजे से शाम 5 बजे तक संबंधित क्षेत्रों की बिजली आपूर्ति बंद रहेगी। उपभोक्ताओं को सलाह, पहले से करें तैयारीबिजली विभाग ने कहा है कि निर्धारित समय के दौरान आवश्यक कार्य पहले निपटा लें और पानी व अन्य जरूरी व्यवस्थाएं पहले से कर लें, ताकि असुविधा कम हो। विभाग ने सहयोग के लिए उपभोक्ताओं का धन्यवाद भी दिया है।
रतलाम शहर में बिजली कंपनी द्वारा मेंटेनेंस कार्य किया जा रहा है। 28 अप्रैल को 11 केवी फीडर चार्ज करने के साथ मेंटेनेंस कार्य भी सुबह 8 बजे से 11 बजे तक किया जाएगा। इस कारण सबंधित क्षेत्रों में विद्युत सप्लाई प्रभावित होगी। प्रभावित क्षेत्रों में माही विहार कॉलोनी, बालाजी टाउनशिप, भवन निर्माण कला केंद्र, सिद्धान्चलम कॉलोनी, सिद्धान्चलम एक्सटेंशन कॉलोनी, शक्ति नगर, टेलिफोन नगर, मनीष नगर, मुखर्जी नगर, सुयोग परिसर, सुरभि परिसर, कर्मचारी आवास, बिरियाखेड़ी, जुलवानिया रोड, जयंतसेन धाम, मंगल मूर्ति कॉलोनी, पुखराज सिटी शामिल है। इन क्षेत्रों के अलावा कस्तूरबा नगर गली नंबर 5, 7, 8, 9, 10, सुमंगल गार्डन, सेंट्रल प्लाजा, एमबी नगर, मनीष नगर, सुभाष गृह निर्माण समिति, गायत्री हॉस्पिटल, रत्नपुरी, 80 फीट रोड, शुभम परिसर, शुभलाभ रेसीडेंसी, पुखराज रेसीडेंसी, बालाजी रेसीडेंसी, तुलसी नगर, रॉयल रेसिडेंसी एवं जयभारत नगर क्षेत्र भी प्रभावित होगा।
अभिनेत्री निकिता दत्ता ने उज्जैन स्थित महाकालेश्वर ज्योतिर्लिंग मंदिर में दर्शन किए। उन्होंने विधि-विधान से पूजा-अर्चना की और नंदी महाराज के कान में अपनी मनोकामना व्यक्त की। महाकाल के दरबार में निकिता दत्ता भक्ति में लीन नजर आईं। उनके माथे पर त्रिपुंड के साथ 'महाकाल' लिखा हुआ था, जो उनकी गहरी आस्था को दर्शाता है। उन्होंने हाथ में कलावा भी बंधवाया और पंडितों द्वारा मंत्रोच्चार के साथ पूजा संपन्न करवाई। अभिनेत्री सादगी भरे अंदाज में सलवार-सूट पहनकर मंदिर पहुंची थीं। उज्जैन का यह पहला दौरा दर्शन के बाद मीडिया से बातचीत में निकिता दत्ता ने बताया कि यह उनका उज्जैन का पहला दौरा था। उन्होंने कहा कि महाकाल के दरबार में आकर उन्हें गहरी शांति और सकारात्मक ऊर्जा का अनुभव हुआ। उनके अनुसार- ‘यहां आकर जो महसूस होता है, वह कहीं और नहीं मिलता।’ अभिनेत्री ने आगे कहा कि उन्हें बहुत अच्छे से दर्शन हुए और महाकाल के साथ समय बिताने का अवसर मिला। उन्होंने खुशी व्यक्त करते हुए उम्मीद जताई कि वह जल्द ही दोबारा उज्जैन आएंगी और उनकी मांगी हुई मनोकामना जल्द पूरी होगी। मंदिर की स्वच्छता व्यवस्था से हुईं प्रभावित निकिता दत्ता ने मंदिर की स्वच्छता की भी सराहना की। उन्होंने कहा कि आमतौर पर लोग सोचते हैं कि मंदिर साफ नहीं होते, लेकिन यहां आकर उन्होंने बेहद स्वच्छ और व्यवस्थित व्यवस्था देखी, जिससे वह काफी प्रभावित हुईं। निकिता दत्ता ने अपने करियर की शुरुआत मॉडलिंग से की थी और वह फेमिना मिस इंडिया 2012 की फाइनलिस्ट रह चुकी हैं। उन्होंने फिल्म 'लेकर हम दीवाना दिल' से बॉलीवुड में कदम रखा। इसके बाद उन्होंने टीवी धारावाहिक 'ड्रीम गर्ल', 'एक दूजे के वास्ते' और 'हासिल' से पहचान बनाई। फिल्म 'कबीर सिंह' में उनकी भूमिका को भी दर्शकों ने सराहा था।
सतना में शराब दुकान संचालन को लेकर नया विवाद सामने आया है। आबकारी विभाग द्वारा सील की गई एक वाइन शॉप के ठेकेदार ने अब उचेहरा रोड पर टेंट लगाकर शराब और बीयर की बिक्री शुरू कर दी है। इस अस्थायी व्यवस्था को लेकर नियमों और सुरक्षा मानकों पर सवाल उठ रहे हैं। जानकारी के अनुसार, नागौद सर्किल के अंतर्गत अमरपाटन और मैहर तिराहा क्षेत्र में योगेश तिवारी ठेका फर्म द्वारा दुकान निर्धारित स्थान के बजाय गलत लोकेशन पर संचालित की जा रही थी। नोटिस के बावजूद पालन न होने पर आबकारी विभाग ने दुकान को सील कर दिया था। आबकारी अधिकारियों के अनुसार वित्त वर्ष 2026-27 के लिए दुकान का निर्धारित स्थान तिघरा मोड़ के आगे तय किया गया था, लेकिन उसका पालन नहीं किया गया। सीलिंग के बाद टेंट लगाकर फिर शुरू हुई बिक्री दुकान सील होने के बाद ठेकेदार ने उचेहरा रोड पर टेंट लगाकर शराब और बीयर की अस्थायी बिक्री शुरू कर दी। इससे स्थानीय स्तर पर विवाद खड़ा हो गया है। सहायक जिला आबकारी अधिकारी (ADEO) शबनम खान ने बताया कि फर्म के पास वैध लाइसेंस है और नई दुकान का निर्माण कार्य जारी है। निर्माण पूरा होने तक अस्थायी रूप से बिक्री की अनुमति दी गई है। स्थानीय लोगों ने इस व्यवस्था पर नाराजगी जताई है। उनका कहना है कि टेंट में शराब बिक्री से कानून व्यवस्था और सुरक्षा मानकों पर असर पड़ सकता है। फर्म ने उचेहरा ग्रुप की तीन दुकानों का ठेका करीब 25.72 करोड़ रुपये में लिया है।
रोहतक में आम आदमी पार्टी के पूर्व प्रदेशाध्यक्ष नवीन जयहिंद ने सोशल मीडिया पर लाइव होकर राघव चड्ढा को एक बार फिर आड़े हाथों लिया और कहा कि आप के पूर्व मंत्री सौरभ को सारी सच्चाई बता देनी चाहिए। राघव चड्ढा को क्यों एमपी व पंजाब का सुपर सीएम बनाया था, सारा राज खोल देना चाहिए। नवीन जयहिंद ने कहा कि राघव चड्ढा की शादी करवाने के लिए अरविंद केजरीवाल ने उसे पावर दी थी। लेकिन जब राघव चड्ढा ने अभिनेत्री परीणिति चौपड़ा से सगाई कर ली तो दोनों के बीच विवाद वहीं से शुरू हो गया। क्योंकि राघव चड्ढा की शादी परीणिति से नहीं, बल्कि किसी ओर से होनी थी। पूर्व मंत्री सौरभ को यह बता देना चाहिए। सगाई तुड़वाने का किया था प्रयास नवीन जयहिंद ने कहा कि जब राघव चड्ढा की सगाई परीणिति चौपड़ा से हुई तो उसकी सगाई को तुड़वाने का पूरा प्रयास किया। यहां तक कि राघव की शादी होने के बाद भी शादी को खत्म करवाने का प्रयास किया गया। जब बात नहीं बनी तो केजरीवाल ने दूसरे तरीके से अपना उल्लू सीधा कर लिया। पूर्वमंत्री सौरभ इन बातों के गवाह है। विवाद का असल कारण राघव को बताना चाहिएनवीन जयहिंद ने कहा कि राघव चड्ढा ने एक वीडियो डालकर कहा कि विवाद का कारण यह था, वह था। राघव चड्ढा पार्टी को छोड़ चुके है, अब वह क्यों घबरा रहे है। विवाद का असल कारण क्या था, यह सबको बता देना चाहिए। पूर्व मंत्री सौरभ को भी सच्चाई बोल देनी चाहिए।
शिवपुरी जिले की नरवर तहसील के थरखेड़ा गांव में सीमांकन करने पहुंची प्रशासनिक टीम को आदिवासी परिवारों के विरोध का सामना करना पड़ा। ग्रामीणों के तीखे विरोध के कारण टीम को बिना कार्रवाई किए ही वापस लौटना पड़ा। मौके पर मौजूद आदिवासी परिवारों ने सरपंच अजब सिंह और नगर परिषद नरवर के अध्यक्ष पति संदीप महेश्वरी पर जमीन कब्जाने के गंभीर आरोप लगाए हैं। ग्रामीणों का दावा है कि वे वर्षों से इस जमीन पर काबिज हैं और अब प्रशासन की मदद से उनकी जमीन छीनी जा रही है। बेदखल करने का प्रयास किया जा रहा है लाडले आदिवासी नामक ग्रामीण ने आरोप लगाया कि वह करीब 10 बीघा जमीन पर लंबे समय से खेती कर रहा है, लेकिन अब उसे बेदखल करने का प्रयास किया जा रहा है। इस घटना को लेकर गांव में आक्रोश का माहौल है। खनिज निरीक्षक सोनू श्रीवास ने बताया कि संबंधित जमीन पर वेद प्रकाश शर्मा के नाम से एम-सेंट (खनिज) की लीज स्वीकृत है। सीमांकन के लिए नरवर तहसीलदार को पत्र लिखा गया था, जिसके बाद प्रशासनिक टीम को मौके पर भेजा गया था। नगर परिषद अध्यक्ष पति संदीप महेश्वरी ने इस मामले से खुद को अलग बताया। उन्होंने कहा कि वे केवल एक परिचित के कहने पर मौके पर पहुंचे थे और उनका इस विवाद से कोई संबंध नहीं है। नरवर तहसीलदार विजय त्यागी ने बताया कि खनिज विभाग के पत्र के आधार पर सीमांकन के लिए टीम भेजी गई थी, लेकिन विरोध के कारण कार्य पूरा नहीं हो सका। उन्होंने कहा कि आगामी दिनों में जमीन खाली कराकर लीज धारक को सौंपने की कार्रवाई की जाएगी।
छत्तीसगढ़ के बालोद जिले में बॉयफ्रेंड के साथ भागी पत्नी को मनाने पहुंचे पति ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। उसका शव रविवार सुबह पत्नी के प्रेमी के घर के सामने फंदे पर लटका हुआ मिला। अर्जुन्दा पुलिस के अनुसार ग्राम किलेपार (रनचिरई) निवासी 42 वर्षीय परमानंद यादव की पत्नी अपने प्रेमी के साथ फरार हो गई थी। जिसके बाद परमानंद पिछले तीन दिनों से पत्नी को मनाने की कोशिश कर रहा था। लेकिन वह वापस जाने के लिए तैयार नहीं हुई। इसके बाद परमानंद अपनी पत्नी के बॉयफ्रेंड के गांव चौरेल (अर्जुन्दा) पहुंचा और उसके घर के सामने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। अर्जुन्दा थाना प्रभारी इंद्रा वैष्णव ने बताया कि प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि मृतक परमानंद यादव की पत्नी घर से भागकर चौरेल आ गई थी, जिससे आहत होकर उसने आत्महत्या कर ली। उन्होंने कहा कि दोनों पक्षों के बयान अभी बाकी है और जांच पूरी होने के बाद ही स्थिति स्पष्ट हो सकेगी। फिलहाल पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया है।
गौरेला-पेंड्रा-मरवाही जिले के कई आंगनबाड़ी केंद्रों की हालत चिंताजनक बनी हुई है। कुपोषण से लड़ाई में अहम भूमिका निभाने वाले इन केंद्रों में बिजली, पानी और शौचालय जैसी बुनियादी सुविधाओं की कमी है। भीषण गर्मी में छोटे बच्चों का यहां बैठना और केंद्रों का संचालन करना मुश्किल हो गया है। जिले के टीड़ी और जल्दापारा आंगनबाड़ी केंद्रों की तस्वीरें जमीनी हकीकत बयान कर रही हैं। जल्दापारा में शौचालय का ढांचा बना है, लेकिन अब तक अधूरा पड़ा है। केंद्र में पानी की व्यवस्था नहीं है।सहायिका को दूर से बाल्टी में पानी लाकर काम चलाना पड़ रहा है। बच्चों पर पड़ रहा असर आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं का कहना है कि वे उपलब्ध संसाधनों के हिसाब से ही काम कर पा रही हैं। सुविधाओं की कमी के कारण बच्चों को सही माहौल नहीं मिल रहा है। इसका असर बच्चों के स्वास्थ्य, पोषण और देखभाल पर पड़ सकता है। विभाग के दावों पर सवाल एक तरफ विभाग व्यवस्थाएं ठीक होने का दावा कर रहा है, दूसरी ओर जमीनी हालात कुछ और ही कहानी बता रहे हैं। अब सवाल यह उठ रहा है कि क्या जिम्मेदार अधिकारियों को इन समस्याओं की जानकारी नहीं है, या फिर केंद्रों का नियमित निरीक्षण ही नहीं किया जा रहा। सुधार की जरूरत स्थानीय लोगों का कहना है कि बच्चों के भविष्य से जुड़े इन केंद्रों में जल्द से जल्द बिजली, पानी, शौचालय और अन्य जरूरी सुविधाएं उपलब्ध कराई जानी चाहिए।
दिल्ली विश्वविद्यालय की अर्थशास्त्री प्रो. दीप्ति तनेजा के मुताबिक, यूपी अब अपनी पुरानी पहचान छोड़कर एक जीवंत और संकल्पशील राज्य बन चुका है। जेवर में बन रहा एशिया का सबसे बड़ा हवाई अड्डा और एक्सप्रेस-वे का बढ़ता जाल महज स्टील और कंक्रीट के ढांचे नहीं हैं, बल्कि यह उस सामूहिक आकांक्षा की जीत है जो दशकों से दबी हुई थी। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की दूरदर्शी सोच ने इसे साकार कर दिखाया है। आंकड़ों ने दी गवाही, तीसरी सबसे बड़ी ताकत बना प्रदेश कुछ साल पहले तक उत्तर प्रदेश का नाम आते ही मन में अव्यवस्था, पलायन और जातिवाद की राजनीति की तस्वीर उभरती थी। लेकिन आज आंकड़े सच्चाई बयां कर रहे हैं। साल 2017 में राज्य की जीडीपी करीब 13.30 लाख करोड़ रुपये थी, जो आज बढ़कर 36 लाख करोड़ रुपये के करीब पहुंच गई है। यूपी ने खुद को देश की तीसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था के रूप में मजबूती से स्थापित कर लिया है। सरकार ने साल 2027 तक एक ट्रिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्था बनने का जो लक्ष्य रखा है, वह कोई हवाई दावा नहीं बल्कि जमीन पर बिछाई जा रही विकास की बुनियाद का हिस्सा है। सड़कों पर दौड़ रही अवसरों की रफ्तार जब राज्य में एक्सप्रेस-वे बनते हैं, तो उन पर सिर्फ गाड़ियां नहीं बल्कि अवसरों की आवाजाही होती है। आज देश के कुल एक्सप्रेस-वे का 55 प्रतिशत हिस्सा अकेले उत्तर प्रदेश में है। 594 किलोमीटर लंबा गंगा एक्सप्रेस-वे मेरठ को प्रयागराज से जोड़कर नई क्रांति लाने वाला है। इसके साथ ही पूर्वांचल और बुंदेलखंड एक्सप्रेस-वे भी विकास की धमनियों की तरह काम कर रहे हैं। जेवर में बन रहा नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट करीब 29 हजार हेक्टेयर में फैला है, जिसकी क्षमता सालाना 7 करोड़ यात्रियों को संभालने की होगी। यह प्रोजेक्ट यूपी को वैश्विक मैप पर एक स्वतंत्र पहचान दिलाएगा। जनसंख्या अब बन रही है आर्थिक शक्ति 25 करोड़ की आबादी वाले उत्तर प्रदेश के लिए सबसे बड़ी चुनौती पलायन थी। अब डिफेंस कॉरिडोर और औद्योगिक क्लस्टर जैसी योजनाओं के जरिए इस जनशक्ति को आर्थिक ताकत में बदला जा रहा है। जब राज्य का युवा बाहर जाने के बजाय अपने ही जिले में रोजगार देखने लगता है, तो यह सबसे बड़ा सामाजिक बदलाव है। लखनऊ और कानपुर में दौड़ती मेट्रो ने न केवल यातायात आसान किया है, बल्कि वहां के नागरिकों के आत्मसम्मान को भी बढ़ाया है। आज दुनिया भर के निवेशक यूपी को एक सुरक्षित और कनेक्टेड गंतव्य मान रहे हैं, जो प्रदेश के भविष्य के लिए एक मजबूत नींव साबित होगा।
करौली पुलिस ने एक कार्रवाई करते हुए 2.05 करोड़ रुपए मूल्य के मादक पदार्थ नष्ट किए हैं। ये मादक पदार्थ विभिन्न 26 मामलों में जब्त किए गए थे। नष्ट किए गए मादक पदार्थों में स्मैक, गांजा, डोडापोस्त और अफीम शामिल थे। इन सभी का निस्तारण पुलिस लाइन में डीडीसी कमेटी की मौजूदगी में किया गया। करौली पुलिस नशे के खिलाफ लगातार अभियान चला रही है। पुलिस ने आम जनता से अपील की है कि नशे से संबंधित किसी भी जानकारी को तुरंत पुलिस के साथ साझा करें।
पूर्वी उत्तर प्रदेश के टेलीकॉम बाजार में रिलायंस जियो ने एक बार फिर अपनी बादशाहत साबित की है। मार्च 2026 के ताजा आंकड़ों के मुताबिक, जियो ने इस क्षेत्र में लगभग 1.68 लाख नए मोबाइल ग्राहक जोड़े हैं। अब पूरे पूर्वी यूपी में जियो के कुल 4.40 करोड़ ग्राहक हो गए हैं, जो इसे इस क्षेत्र की नंबर वन कंपनी बनाता है। भारतीय दूरसंचार नियामक प्राधिकरण (ट्राई) की रिपोर्ट बताती है कि मोबाइल नेटवर्क के साथ-साथ होम ब्रॉडबैंड के मामले में भी जियो सबसे आगे है। जियो एयर फाइबर से घर-घर पहुंचा इंटरनेट जियो ने उन इलाकों में भी हाई-स्पीड इंटरनेट पहुंचाया है जहां तार बिछाना मुश्किल था। 'जियो एयर फाइबर' के जरिए वायरलेस ब्रॉडबैंड सेवा तेजी से फैल रही है। रिपोर्ट के अनुसार, अकेले मार्च महीने में एयर फाइबर ने लगभग 33 हजार नए ग्राहक जोड़े। अब इस क्षेत्र में जियो एयर फाइबर के पास 10.16 लाख ग्राहकों का मजबूत आधार है। इसके अलावा, वायरलाइन ब्रॉडबैंड (जियो फाइबर) के मामले में भी कंपनी 7.66 लाख ग्राहकों के साथ पहले स्थान पर काबिज है। राष्ट्रीय स्तर पर भी बढ़ी पकड़ जियो की यह सफलता केवल यूपी तक सीमित नहीं है। राष्ट्रीय स्तर पर भी होम ब्रॉडबैंड सेगमेंट में कंपनी लगातार बढ़त बनाए हुए है। देशभर में जियो एयर फाइबर के अब तक 1.28 करोड़ और जियो फाइबर के 1.52 करोड़ ग्राहक हो चुके हैं। कंपनी का फोकस उन जगहों पर हाई-स्पीड इंटरनेट पहुंचाना है जहां पारंपरिक तरीके से केबल बिछाना कठिन होता है, ताकि डिजिटल इंडिया का सपना हर घर तक पहुंच सके।
रतलाम पुलिस ने एक बाइक चोर को पकड़ा है। चोर ने उधारी के रुपए चुकाने के लिए बाइक चोरी की। जबकि चोर के परिवार के सदस्य सक्षम है। चोरी की घटना के 24 घंटे के अंदर पुलिस ने बाइक चोर को गिरफ्तार कर लिया। बाइक को भी बरामद कर लिया है। माणकचौक थाना प्रभारी सब इंस्पेक्टर राकेश मेहरा ने बताया अजय मेहता पिता शांतीलाल मेहता निवासी श्रीमाली वास रतलाम ने रिपोर्ट दर्ज कराई थी। बताया कि 25 अप्रैल की मध्य रात्रि अपने घर के सामने स्थित गैरेज से अज्ञात व्यक्ति उसकी लाल रंग की होंडा साइन बाइक क्रमांक MP09 NR 9147 चोरी कर ले गया। फरियादी की शिकायत पर रिपोर्ट दर्ज कर जांच प्रारंभ की। घटना स्थल के देखे सीसीटीवी पुलिस टीम द्वारा घटनास्थल एवं आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज जांचे। तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर आरोपी की पहचान कर उसकी तलाश की। प्राप्त सुरागों के आधार पर पुलिस टीम ने आरोपी को धराड़ क्षेत्र से राउंडअप कर पूछताछ की, जिसमें उसने बाइक चोरी करना स्वीकार किया। रतलाम का रहने वाला निकला चोर पुलिस ने बाइक चोर आरोपी गुंजन प्रजापत (25) पिता विजय प्रजापत निवासी गांधीनगर रतलाम को गिरफ्तार किया। उसकी निशानदेही पर चोरी गई बाइक को मथुरी रोड रतलाम क्षेत्र से बरामद कर जप्त की। खुद की बाइक गिरवी रखी थी आरोपी से पूछताछ में सामने आया कि उसकी खुद की बाइक एक जगह करीब 8 हजार रुपए में गिरवी रखी थी। बाइक छुड़ाने के लिए रुपए नहीं होने पर आरोपी ने बाइक चोरी की। आरोपी को बाइक चलाने का भी शौक है। इसी कारण उसने चोरी की वारदात को अंजाम दिया। यह भी जानकारी सामने आई कि आरोपी के परिवार के सदस्य सक्षम है। पुलिस आरोपी से अन्य संभावित वारदातों के बारे में पूछताछ कर रही है।
ललितपुर में सोमवार शाम एक दामाद ने ससुराल में सल्फास का सेवन कर लिया। उसकी हालत बिगड़ने पर उसे उपचार के लिए मेडिकल कॉलेज ले जाया गया, जहां उसकी मौत हो गई। घटना के बाद पत्नी शव से लिपटकर रोने लगी। चिकित्सकों ने शव को मोर्चरी में रखवाकर पुलिस को सूचना दी। मृतक की पहचान मध्य प्रदेश के सागर जिले के ग्राम डेमना निवासी 35 वर्षीय नरेश पुत्र राजाराम के रूप में हुई है। वह आठ दिन पहले ललितपुर जिले के ग्राम सतरवांस स्थित अपनी ससुराल आया था। सोमवार शाम उसने सल्फास खा लिया, जिससे उसकी तबीयत बिगड़ गई। पुलिस कर रही मामले की जांच उसे पहले बिरधा स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया, जहां से गंभीर हालत के चलते उसे ललितपुर मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया गया। उपचार के दौरान नरेश की मौत हो गई। परिजनों ने बताया कि मृतक की दो बेटियां और एक बेटा है। उसकी पत्नी कुछ महीनों से मायके में रह रही थी। नरेश आठ दिन पहले एक शादी समारोह में शामिल होने के लिए ससुराल आया था। परिजनों के अनुसार, युवक शराब पीने का आदी था और संभवतः शराब के नशे में किसी बात से नाराज होकर उसने सल्फास की गोलियों खा ली। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
छतरपुर के बक्सवाहा में सोमवार को सनातन धर्मावलंबियों ने गौ संरक्षण की मांग को लेकर शांतिपूर्ण प्रदर्शन किया। यह कार्यक्रम ‘गौ माता सम्मान आह्वान’ अभियान के तहत देशभर में चल रहे आंदोलनों का हिस्सा रहा। श्री धाम वृंदावन स्थित गोरी लाल कुंज और पड़रिया धाम के महंत किशोर दास महाराज की अगुवाई में सैकड़ों श्रद्धालु सड़क पर उतरे और प्रशासन के माध्यम से ज्ञापन सौंपा। कार्यक्रम की शुरुआत स्थानीय सिद्ध स्थल बिहारी जी मंदिर में गौ पूजन के साथ हुई। इसके बाद श्रद्धालु भजन-कीर्तन और ढोल-नगाड़ों के साथ जुलूस के रूप में बस स्टैंड पहुंचे। सभा में गौ संरक्षण को लेकर रखे गए विचार बस स्टैंड पर आयोजित सभा में गौ संरक्षण को लेकर वक्ताओं ने अपने विचार रखे। महंत किशोर दास महाराज ने कहा कि गौ माता भारतीय संस्कृति की आधारशिला है और इसका संरक्षण हर नागरिक का कर्तव्य है। प्रदर्शन के दौरान गौ अभ्यारण (गौशालाओं) के निर्माण और देश में संचालित बूचड़खानों को बंद करने की जोरदार मांग उठाई गई। लोगों ने गौ संरक्षण के लिए सख्त कानून की आवश्यकता बताई। अंत में तहसीलदार को ज्ञापन सौंपकर प्रदर्शन समाप्त किया गया। ज्ञापन में गौ माता की सुरक्षा, संरक्षण और संवर्धन के लिए प्रभावी कानून बनाने की मांग प्रमुख रूप से शामिल रही।
उदयपुर जिले के सभी खाद-बीज-कीटनाशक व्यापारियों ने 12 सूत्री मांगों को लेकर सोमवार को देशव्यापी सांकेतिक हड़ताल के तहत सभी प्रतिष्ठान बंद रखे। बाद में प्रधानमंत्री के नाम ज्ञापन स्थानीय अधिकारियों को दिया। अखिल भारतीय एग्री इनपुट डीलर एसोसिएशन के तत्वावधान में आयोजित सांकेतिक हड़ताल के समर्थन में उतरते हुए मेवाड़ एग्री इनपुट डीलर एसोसिएशन के सभी सदस्यों ने व्यापार बंद रखा। अपनी मांगों को लेकर अपना विरोध प्रकट किया। अखिल भारतीय एग्री इनपुट डीलर एसोसिएशन के अध्यक्ष अरविंद कुमार जैन के साथ जिला कलेक्टर गौरव अग्रवाल को प्रधानमंत्री के नाम ज्ञापन दिया। उन्होंने बताया- जिले की सभी तहसीलों में भी यह ज्ञापन SDM और तहसीलदार को दिया गया। इसके बाद जिला मुख्यालय पर कृषि विस्तार संयुक्त निदेशक सुधीर वर्मा को भी ज्ञापन देते हुए उन्हें समस्याएं बताई। ये हैं प्रमुख मांगें
बुलंदशहर में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के गंगा एक्सप्रेसवे लोकार्पण कार्यक्रम की तैयारियों का जायजा लेने के लिए जिलाधिकारी कुमार हर्ष और एसएसपी दिनेश कुमार सिंह ने स्याना तहसील के लाडपुर गांव स्थित कार्यक्रम स्थल का स्थलीय निरीक्षण किया। गंगा एक्सप्रेसवे का लोकार्पण 29 अप्रैल को प्रस्तावित है। जनपद बुलंदशहर में होने वाले इस कार्यक्रम में प्रधानमंत्री द्वारा एक्सप्रेसवे के लोकार्पण का सजीव प्रसारण किया जाएगा। जिलाधिकारी ने जर्मन हैंगर में जनप्रतिनिधियों और बड़ी संख्या में आने वाले आमजनों के बैठने के लिए बनाए गए सीटिंग प्लान का अवलोकन किया। जिलाधिकारी ने गर्मी को देखते हुए पर्याप्त संख्या में कूलर और पेयजल की व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने बनाए जा रहे ब्लॉक में साफ-सफाई, डस्टबिन रखने और मोबाइल शौचालय की उपलब्धता सुनिश्चित कराने को भी कहा। कार्यक्रम के दौरान निर्बाध विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित कराने और वाहनों को निर्धारित पार्किंग स्थल पर ही खड़ा कराने के निर्देश दिए गए। जनपद में इस कार्यक्रम को भव्यता से आयोजित कराने के लिए सभी आवश्यक व्यवस्थाओं को सुनिश्चित करने पर जोर दिया गया। इस अवसर पर सीडीओ निशा ग्रेवाल, अपर जिलाधिकारी प्रशासन प्रमोद कुमार पांडेय, उप जिलाधिकारी स्याना, सीओ, डीडीओ, डीपीआरओ और अधिशासी अभियंता लोनिवि सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे।
खैरथल-तिजारा में स्कूलों का समय बदला:8वीं तक बच्चों के लिए सुबह 7:30 बजे खुलेंगे स्कूल
खैरथल-तिजारा में बढ़ते तापमान और लू के प्रभाव को देखते हुए स्कूलों के समय में बदलाव किया गया है। जिला कलेक्टर एवं जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण के अध्यक्ष अतुल प्रकाश ने प्री प्राइमरी से कक्षा 8 तक के स्कूलों के लिए नए आदेश जारी किए हैं। आपदा प्रबंधन अधिनियम 2005 की धारा 30 के तहत मिली शक्तियों का उपयोग करते हुए ये निर्णय लिया गया। मौसम विभाग के पूर्वानुमान और मुख्य जिला शिक्षा अधिकारी, खैरथल-तिजारा के अनुरोध पर कलेक्टर ने ये कदम उठाया है। जिले के सभी सरकारी और गैर-सरकारी स्कूलों में प्री प्राइमरी से कक्षा 8 तक के छात्रों के लिए स्कूल का समय 28 अप्रैल, 2026 से सुबह 7:30 बजे से 11:00 बजे तक निर्धारित किया गया है। ये व्यवस्था अगले आदेशों तक लागू रहेगी। ये निर्णय बच्चों के स्वास्थ्य और सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए लिया गया है। हालांकि, कक्षा 9 से 12 तक के छात्रों और समस्त स्टाफ के लिए स्कूल का समय पहले की तरह ही रहेगा। कलेक्टर ने ये भी स्पष्ट किया कि आदेशों का पालन न करने वाले सरकारी और गैर-सरकारी स्कूलों के खिलाफ आपदा प्रबंधन अधिनियम 2005 के तहत नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
लखनऊ में साइबर ठगों ने खुद को पुलिस और एटीएस अधिकारी बताकर एक व्यक्ति से 80.50 लाख रुपए ठग लिए। जालसाजों ने मनी लॉन्ड्रिंग केस में नाम आने का डर दिखाकर 27 दिनों तक डिजिटल अरेस्ट रखा। रकम को अलग-अलग खातों में ट्रांसफर करा लिया। पीड़ित ने साइबर थाने में शिकायत कर कार्रवाई की मांग की है। जानकीपुरम सेक्टर-जी स्थित एलआईजी-127 निवासी बदरुद्दीन अंसारी (85) ने पुलिस को दी तहरीर में बताया 7 मार्च को उनके मोबाइल पर एक कॉल आई। कॉल करने वाले ने खुद को प्रमोद कुमार मिश्रा, सीनियर इंस्पेक्टर पुलिस लखनऊ हेडक्वार्टर बताया। उसने कहा कि पुणे महाराष्ट्र में मनी लॉन्ड्रिंग के एक मामले में उनका नाम आया है। जालसाज ने बताया कि उनके नाम से एचडीएफसी बैंक में खाता खोलकर अवैध लेनदेन किया गया है। कार्रवाई का डर दिखाकर डिजिटल अरेस्ट किया इसके बाद आरोपी ने व्हाट्सऐप और सिग्नल एप पर एनआईए, सुप्रीम कोर्ट, आरबीआई और अन्य विभागों के फर्जी दस्तावेज भेजे। अलग-अलग नंबरों से खुद को एटीएस अधिकारी बताने वाले लोग लगातार संपर्क में रहे और गिरफ्तारी व कार्रवाई का डर दिखाकर बदरुद्दीन को डिजिटल अरेस्ट रखा। खाते से 84.50 लाख रुपए भेज दिए डर के चलते बदरुद्दीन ने 11 मार्च से 4 अप्रैल के बीच को अपने खाते से 84.50 लाख रुपए भेज दिए। पीड़ित घटना से काफी घबरा गया। जिसकी वजह से 21 दिन बाद थाने पहुंचा। मामले में इंस्पेक्टर साइबर थाना बृजेश यादव का कहना है मुकदमा दर्ज करके जांच शुरू कर दी गई है। 27 लाख रुपए फ्रीज कराया गया है।
बारां पुलिस ने मादक पदार्थ तस्करों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। 'ऑपरेशन वज्र प्रहार' के तहत ड्रग माफिया विशाल सांसी, उसके पिता बलवीर उर्फ बल्लू सांसी और उनके सहयोगियों की करीब 1 करोड़ 10 लाख रुपए की अवैध चल-अचल संपत्तियों को स्थायी रूप से फ्रीज कर दिया गया है। इस कार्रवाई के बाद आरोपी अब इन संपत्तियों का उपयोग, विक्रय या हस्तांतरण नहीं कर सकेंगे। यह कदम एनडीपीएस एक्ट की धारा 68F के तहत उठाया गया है, जिसका उद्देश्य तस्करों के आर्थिक नेटवर्क को ध्वस्त करना है। पुलिस अधीक्षक अभिषेक अदासु ने बताया कि जिले में मादक पदार्थ तस्करी के खिलाफ 'जीरो टॉलरेंस' की नीति अपनाई जा रही है। इस अभियान के तहत न केवल तस्करों को गिरफ्तार किया जा रहा है, बल्कि उनकी अवैध कमाई से अर्जित संपत्तियों पर भी सीधा प्रहार किया जा रहा है। इसी रणनीति के तहत एमओबी शाखा द्वारा तस्करों की संपत्तियों का गोपनीय डेटाबेस तैयार किया गया। यह जानकारी थाना छबड़ा पुलिस के साथ साझा की गई, जिसके बाद थाना छबड़ा पुलिस ने चरणबद्ध तरीके से जांच शुरू की और आरोपियों के आपराधिक रिकॉर्ड तथा संपत्तियों का चिन्हीकरण किया। जांच में सामने आया कि विशाल सांसी और उसके पिता के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के कुल 7 मामले दर्ज हैं, जिनमें एक मामला वाणिज्यिक मात्रा का भी है। इन मामलों में पहले 24 किलो 308 ग्राम गांजा बरामद किया जा चुका है, जिसकी अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमत करीब 48 लाख 61 हजार 600 रुपए आंकी गई थी। साथ ही, तीन मोटरसाइकिलें भी जब्त की गई थीं। आर्थिक अनुसंधान में यह भी खुलासा हुआ कि आरोपियों की वैध आय का कोई ठोस स्रोत नहीं है। इसके बावजूद, उनके बैंक खातों में पिछले एक वर्ष में करीब 30 लाख रुपए के लेन-देन दर्ज पाए गए। इससे स्पष्ट हुआ कि उन्होंने मादक पदार्थ तस्करी से अर्जित काली कमाई को चल-अचल संपत्तियों में निवेश किया है। इन तथ्यों के आधार पर पुलिस ने एनडीपीएस एक्ट की धारा 68F के तहत मामला तैयार कर सक्षम प्राधिकारी, नई दिल्ली के समक्ष प्रस्तुत किया, जिसके बाद संपत्तियों को स्थायी रूप से फ्रीज करने का आदेश जारी किया गया। करीब दो माह तक चली सुनवाई के बाद सक्षम प्राधिकारी (FOAP) एनडीपीएस एक्ट, नई दिल्ली द्वारा 25 मार्च 2026 को आदेश जारी करते हुए इन संपत्तियों को फ्रीज किए जाने की कार्रवाई को वैध माना। इसके बाद जिला कलेक्टर बारां के निर्देश पर 27 अप्रैल 2026 को नगरपालिका छबड़ा और पुलिस की संयुक्त टीम ने मौके पर पहुंचकर संपत्तियों को फ्रीज करने की कार्रवाई पूरी की।फ्रीज की गई संपत्तियों में एक जमीन, मकान, एक कार, एक मोटरसाइकिल और एक स्कूटी शामिल है, जिनकी कुल अनुमानित कीमत करीब 1 करोड़ 10 लाख रुपए आंकी गई है। इस कार्रवाई के बाद आरोपी इन संपत्तियों का न तो उपयोग कर सकेंगे और न ही इन्हें बेच या किसी के नाम स्थानांतरित कर पाएंगे। पुलिस का मानना है कि इस तरह की कार्रवाई से मादक पदार्थ तस्करों की आर्थिक जड़ें कमजोर होंगी और समाज में यह स्पष्ट संदेश जाएगा कि अवैध कमाई से बनाई गई संपत्तियां स्थायी नहीं होतीं और कानून की पकड़ से बचना संभव नहीं है। पुलिस अधीक्षक ने यह भी स्पष्ट किया कि भविष्य में भी इस तरह की कार्रवाई लगातार जारी रहेगी और तस्करों के खिलाफ कठोर कदम उठाए जाते रहेंगे। इस पूरी कार्रवाई में थाना छबड़ा के थानाधिकारी राजेश कुमार खटाना के नेतृत्व में पुलिस टीम ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई और जांच से लेकर फ्रीजिंग तक की प्रक्रिया को सफलतापूर्वक अंजाम दिया।
योगी सरकार गंगा एक्सप्रेसवे को केवल एक सड़क के रूप में नहीं, बल्कि राज्य की आर्थिक रीढ़ के रूप में विकसित कर रही है। यह एक्सप्रेसवे अब एक बड़े औद्योगिक और लॉजिस्टिक्स कॉरिडोर (आईएमएलसी) का रूप ले रहा है। खास बात यह है कि एक्सप्रेसवे के किनारे पड़ने वाले सभी 12 जिलों की स्थानीय खूबियों को ध्यान में रखते हुए वहां उद्योग लगाए जा रहे हैं। मेरठ से लेकर प्रयागराज तक फैले इस कॉरिडोर में हर जिले के संसाधनों का अधिकतम उपयोग करने की योजना तैयार की गई है। मेरठ से प्रयागराज तक हर जिले की अपनी ताकत मेरठ को डेटा सेंटर और स्पोर्ट्स इंडस्ट्री के हब के रूप में तैयार किया जा रहा है, तो वहीं हापुड़ में धार्मिक पर्यटन के साथ फूड प्रोसेसिंग यूनिट्स लगाई जा रही हैं। बुलंदशहर को जेवर एयरपोर्ट के पास होने का फायदा मिलेगा और यह सप्लाई चेन का बड़ा केंद्र बनेगा। अमरोहा के मशहूर ढोलक और हस्तशिल्प को अब एक्सप्रेसवे के जरिए सीधे विदेशी बाजार तक पहुंचाया जाएगा। संभल के पारंपरिक ‘हॉर्न और बोन’ क्राफ्ट को भी ग्लोबल पहचान दिलाने की तैयारी है। शाहजहांपुर में हवाई पट्टी और हरदोई में नॉलेज पार्क विकास की इस कड़ी में शाहजहांपुर में एक साढ़े तीन किलोमीटर लंबी हवाई पट्टी भी बनाई गई है, जो सामरिक दृष्टि से बेहद अहम है। हरदोई जिले में नॉलेज पार्क और टेक्सटाइल पार्क बनाने का प्रस्ताव है, जिससे हजारों युवाओं को नौकरी मिलेगी। एक्सप्रेसवे के जुड़ने से उन्नाव, कानपुर और लखनऊ मिलकर एक बड़ा आर्थिक क्षेत्र बनाएंगे, जिससे चमड़ा उद्योग को रफ्तार मिलेगी। रायबरेली और प्रतापगढ़ में भी आंवला और अन्य स्थानीय उत्पादों की ब्रांडिंग के लिए फूड प्रोसेसिंग यूनिट्स को बढ़ावा दिया जा रहा है। प्रयागराज में यह एक्सप्रेसवे एक बड़े कमर्शियल हब के रूप में खत्म होगा।
मैहर में सोमवार को गौ माता को 'राष्ट्रमाता' का दर्जा दिलाने की मांग को लेकर 'गौ सम्मान आवाहन अभियान' चलाया गया। इस दौरान एक रैली निकाली गई और भजन-कीर्तन का आयोजन हुआ। अभियान में गौ-भक्तों, समाजसेवियों और बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिकों ने भाग लिया। रैली की शुरुआत गोपाल बाग हरनामपुर मार्ग से हुई। यह घंटाघर चौराहे से होते हुए कलेक्ट्रेट भवन तक पहुंची। पूरे मार्ग में श्रद्धालुओं ने भजन-कीर्तन किया और 'गौ माता को राष्ट्रमाता का दर्जा दो' जैसे नारे लगाए। रैली शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुई। कलेक्ट्रेट पहुंचने पर राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री, राज्यपाल और मुख्यमंत्री के नाम एक ज्ञापन अपर कलेक्टर अश्मिता पटेल को सौंपा गया। ज्ञापन में गौ माता को संवैधानिक रूप से 'राष्ट्रमाता' का दर्जा देने की मांग की गई है। इसके अतिरिक्त, पूरे देश में गौ-हत्या पर सख्त कानून लागू करने, गौवंश की सुरक्षा सुनिश्चित करने और उनके संरक्षण के लिए ठोस कदम उठाने की भी मांग की गई। गणेश कुमार ने बताया कि गाय भारतीय संस्कृति, कृषि और ग्रामीण जीवन का अभिन्न अंग है। उन्होंने स्पष्ट किया कि यह आंदोलन का पहला चरण है और आने वाले समय में इसे व्यापक स्तर पर चलाया जाएगा। उन्होंने लोगों से इस अभियान में बढ़-चढ़कर भाग लेने की अपील भी की। कलेक्ट्रेट पहुंचने पर राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री, राज्यपाल और मुख्यमंत्री के नाम एक ज्ञापन अपर कलेक्टर अश्मिता पटेल को सौंपा गया। ज्ञापन में गौ माता को संवैधानिक रूप से 'राष्ट्रमाता' का दर्जा देने की मांग की गई है। इसके अतिरिक्त, पूरे देश में गौ-हत्या पर सख्त कानून लागू करने, गौवंश की सुरक्षा सुनिश्चित करने और उनके संरक्षण के लिए ठोस कदम उठाने की भी मांग की गई। गणेश कुमार ने बताया कि गाय भारतीय संस्कृति, कृषि और ग्रामीण जीवन का अभिन्न अंग है। उन्होंने स्पष्ट किया कि यह आंदोलन का पहला चरण है और आने वाले समय में इसे व्यापक स्तर पर चलाया जाएगा। उन्होंने लोगों से इस अभियान में बढ़-चढ़कर भाग लेने की अपील भी की।
विदिशा के हैदरगढ़ थाना क्षेत्र में 8 अप्रैल को सराफा व्यापारी से हुई लूट की वारदात का पुलिस ने 19 दिनों में खुलासा कर दिया है। “360 डिग्री दृष्टि अभियान” के तहत कार्रवाई करते हुए पुलिस ने चार आरोपियों को गिरफ्तार कर उनके पास से करीब 18 लाख रुपए का लूटा गया माल बरामद किया है। हालांकि, दो आरोपी अभी भी फरार हैं। ग्राम बांसादेही निवासी सराफा व्यापारी मनोज कुमार सोनी 8 अप्रैल की शाम दुकान बंद कर घर लौट रहे थे। इसी दौरान ग्राम गुंजारी के पास पुलिया पर घात लगाए बैठे बदमाशों ने उनकी गाड़ी रोककर डंडों से हमला किया और सोने-चांदी से भरा बैग लूटकर फरार हो गए। घटना के बाद पुलिस अधीक्षक रोहित काशवानी के निर्देश पर पांच विशेष टीमों का गठन किया गया। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक डॉ. प्रशांत चौबे और एसडीओपी शिखा भल्लावी के मार्गदर्शन में अभियान चलाया गया। 165 सीसीटीवी और साइबर टीम की मदद से खुला राज पुलिस ने 165 से अधिक सीसीटीवी फुटेज खंगाले और 100 से ज्यादा लोगों से पूछताछ की। साइबर टीम की मदद से तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर आरोपियों तक पहुंच बनाई गई। पुलिस ने शिवा उर्फ भावसिंह कुर्मी, अजय यादव, जगदीश उर्फ हल्ले कुर्मी और रणवीर उर्फ भगोले बुन्देला को गिरफ्तार किया है, जबकि इन्दु राजा और सुमित यादव फरार हैं। गिरफ्तार आरोपियों से एक स्कॉर्पियो, एक ब्रेंजा कार, 2 किलो चांदी, 2 तोला सोना, एक पिस्टल और जिंदा कारतूस बरामद किए गए हैं। पूछताछ में सामने आया कि आरोपी सुनियोजित तरीके से वारदात करते थे और मोबाइल का उपयोग नहीं करते थे।
जालौन जनपद के कोंच क्षेत्र में स्मार्ट मीटर लगाने को लेकर सोमवार को बड़ा विवाद खड़ा हो गया। कोंच नगर के पुष्पा गार्डन के पास बिजली विभाग के कर्मचारी जब चुपचाप घरों में स्मार्ट मीटर लगाने पहुंचे, तो स्थानीय महिलाओं का गुस्सा फूट पड़ा। आक्रोशित महिलाओं ने मीटर सुधारने पहुंचे दो कर्मचारियों को एक मकान में करीब तीन घंटे तक बंधक बनाए रखा, जिससे इलाके में हड़कंप मच गया। घटना की सूचना मिलते ही विजिलेंस टीम और बिजली विभाग के अधिकारी मौके पर पहुंचे, लेकिन स्थिति संभालने के बजाय और बिगड़ गई। महिलाओं और अधिकारियों के बीच जमकर कहासुनी हुई। आरोप है कि विजिलेंस टीम ने महिलाओं के परिजनों को पकड़ने की कोशिश की, जिससे माहौल और तनावपूर्ण हो गया। मौके पर पहुंचे स्थानीय सभासद माधव यादव और सभासद रघुवीर कुशवाहा ने भी हस्तक्षेप किया, लेकिन विवाद शांत नहीं हो सका। लोगों से विभाग का सहयोग करने की अपील स्थानीय महिलाओं का आरोप है कि विभाग ने बिना किसी पूर्व सूचना के उनके घरों में प्रीपेड स्मार्ट मीटर लगा दिए। कई घरों में ताले लगे होने के बावजूद मीटर स्थापित कर दिए गए, जिससे लोगों में भारी नाराजगी है। महिलाओं का कहना है कि मीटर लगने के कुछ ही दिनों बाद कई घरों की बिजली आपूर्ति बंद हो गई और अब वे रिचार्ज भी नहीं करा पा रही हैं। पिछले करीब एक माह से बिना बिजली के जीवन यापन करने को मजबूर लोग अब आर्थिक संकट से भी जूझ रहे हैं। महिलाओं ने विजिलेंस टीम पर अभद्र व्यवहार और मारपीट के आरोप भी लगाए। उनका कहना है कि टीम के सदस्यों ने धमकी दी कि मौके से हट जाओ, नहीं तो गंभीर परिणाम भुगतने होंगे। वहीं, हालात बिगड़ते देख कुछ अधिकारी मौके से हट गए। इस मामले में एसडीओ धर्मेंद्र कुमार ने बताया कि मोहल्ले के लोगों द्वारा ऑनलाइन शिकायत मिलने पर कर्मचारी मीटर ठीक करने पहुंचे थे। उन्होंने कहा कि कर्मचारियों ने पुराने मीटर लगाने में असमर्थता जताई, जिसके बाद महिलाओं ने उन्हें बंधक बना लिया। एसडीओ ने मारपीट और अभद्रता के आरोपों को निराधार बताया और लोगों से विभाग का सहयोग करने की अपील की है।
यूपी में बढ़ती गर्मी और 44 डिग्री के पार जाते पारे को देखते हुए योगी सरकार ने बच्चों की सुरक्षा के लिए कमर कस ली है। बेसिक और माध्यमिक शिक्षा विभाग ने प्रदेश के सभी स्कूलों के लिए विशेष दिशा-निर्देश लागू कर दिए हैं। सरकार की रणनीति है कि स्कूल सिर्फ पढ़ाई के केंद्र न रहें, बल्कि बच्चों की सेहत की सुरक्षा का भी प्राथमिक केंद्र बनें। इसके तहत स्कूलों में ओआरएस, ग्लूकोज और जरूरी दवाओं की उपलब्धता सुनिश्चित की जा रही है। पोषण के साथ सेहत का भी ख्याल भीषण गर्मी में 'मध्याह्न भोजन' (MDM) योजना को बच्चों की सुरक्षा का मजबूत आधार बनाया गया है। सरकार का मकसद सिर्फ बच्चों को खाना खिलाना नहीं, बल्कि उन्हें लू के थपेड़ों से लड़ने के लिए शारीरिक रूप से मजबूत बनाना है। दोपहर के भोजन के साथ स्वास्थ्य सुरक्षा को जोड़कर ऐसी व्यवस्था की गई है कि बच्चों को उचित पोषण मिले, जिससे उनके शरीर में पानी और ऊर्जा की कमी न हो। क्लास में बांटी जाएंगी पिंक और नीली गोलियां स्वास्थ्य विभाग को निर्देश दिए गए हैं कि सभी स्कूलों में प्राथमिक उपचार किट (फर्स्ट एड किट) और दवाओं की कोई कमी न रहे। कक्षा 1 से 5 तक के छोटे बच्चों को एनीमिया से बचाने के लिए आयरन की 'पिंक' गोलियां दी जाएंगी। वहीं, कक्षा 6 से 8 तक के विद्यार्थियों के लिए आयरन की 'नीली' गोलियां उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए हैं। शिक्षकों को जिम्मेदारी सौंपी गई है कि वे अपनी देखरेख में बच्चों को दवाओं की सही खुराक और ओआरएस का घोल देना सुनिश्चित करें। पुराने डेटा से मिली हीटवेव की चेतावनी इस साल की गर्मी को देखते हुए आपदा प्रबंधन प्राधिकरण ने पिछले कई सालों के तापमान का विश्लेषण किया है। इसके आधार पर शिक्षकों को पहले ही अलर्ट कर दिया गया है कि वे बच्चों को दोपहर 12 से 3 बजे के बीच किसी भी सूरत में धूप में बाहर न निकलने दें। बच्चों को सलाह दी गई है कि वे ढीले और सूती कपड़े पहनें और सिर को हमेशा टोपी या गमछे से ढंककर रखें। सभी जिलों में नियमित समीक्षा की जा रही है ताकि किसी भी स्तर पर लापरवाही न हो और बच्चों को समय पर राहत मिल सके।
देवरिया के बनकटा थाना क्षेत्र के कोठिलवां गांव में सोमवार दो छात्रों का शव पोस्टमार्टम के बाद घर पर पहुंचा। मृतक छात्र अतुल और किशन की शव यात्राएं अलग-अलग रास्तों से निकाली गईं, सोमवार देर शाम को दो चिताएं एक साथ जलीं। इस दौरान नम आंखों से परिजनों ने अंतिम संस्कार किया। दरअसल, रविवार को चार छात्र छोटी गंडक नदीं के चनुकी घाट पर नहाने गए थे, तभी अतुल और किशन गहरे पानी में डूब गए थे। जबकि दो सुरक्षित बाहर निकल लिए थे। मृतक छात्रों की पहचान अतुल (10वीं कक्षा) और किशन (11वीं कक्षा) के रूप में हुई है। दोनों गांव में साथ रहते थे। दोनों बच्चों की चिताएं एक साथ जलती देख गांव वाले और परिजन भावुक हो उठे। समाजसेवी जितेंद्र यादव ने इस घटना ने लोगों को झकझोर दिया है। दो बच्चे बहुत ही अच्छे थे। दोनों का इस दुनिया से जाना बहुत ही निराशाजनक है। -------------- ये खबर भी पढ़ें…. छोटी गंडक नदी में दो लड़कों की मौत देवरिया में छोटी गंडक नदी में नहाने गए चार किशोरों में से दो की डूबने से मौत हो गई। यह घटना रविवार को भाटपाररानी थाना क्षेत्र के चनुकी स्थित नदी में हुई। पढ़िए पूरी खबर...
शहर के लोगों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं देने की दिशा में एक और कदम उठाया गया है। चंडीगढ़ के सांसद मनीष तिवारी ने मंगलवार को सेक्टर-17 स्थित डिप्टी कमिश्नर ऑफिस परिसर में नई एंबुलेंस को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। यह एंबुलेंस एमपीएलएडी (MPLAD) स्कीम के तहत चंडीगढ़ रेड क्रॉस सोसाइटी को दी गई है। खास बात यह है कि इसमें बेसिक लाइफ सपोर्ट (BLS) की सुविधाएं मौजूद हैं, जिससे इमरजेंसी के दौरान मरीजों को तुरंत प्राथमिक इलाज मिल सकेगा। इमरजेंसी सेवाएं होंगी और मजबूत नई एंबुलेंस के शामिल होने से शहर में इमरजेंसी रिस्पॉन्स सिस्टम और मजबूत होगा। इसका उपयोग मरीजों को अस्पताल पहुंचाने और आपात स्थिति में लोगों की मदद के लिए किया जाएगा। इस मौके पर डिप्टी कमिश्नर एवं रेड क्रॉस के चेयरमैन निशांत कुमार यादव (IAS), अतिरिक्त डिप्टी कमिश्नर एवं रेड क्रॉस के सेक्रेटरी अमनदीप सिंह भट्टी (PCS) भी मौजूद रहे। इसके अलावा रेड क्रॉस की नोडल अधिकारी पूनम मलिक और चंडीगढ़ प्रशासन के अन्य अधिकारी भी कार्यक्रम में शामिल हुए। लोगों की सेवा के लिए समर्पित: तिवारी कार्यक्रम के दौरान सांसद मनीष तिवारी ने कहा कि यह एंबुलेंस चंडीगढ़ के लोगों को समर्पित है और खासकर मेडिकल इमरजेंसी के समय उनकी सेवा में रहेगी। उन्होंने उम्मीद जताई कि इससे शहर में स्वास्थ्य सेवाओं की पहुंच और बेहतर होगी। सांसद ने चंडीगढ़ रेड क्रॉस सोसाइटी के काम की भी सराहना की। उन्होंने कहा कि संस्था लगातार जरूरतमंद लोगों की मदद कर रही है और मानवता की सेवा में अहम भूमिका निभा रही है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 29 अप्रैल को हरदोई के मल्लावां में गंगा एक्सप्रेस-वे का लोकार्पण करेंगे। इस कार्यक्रम को सफल बनाने के लिए जिले के जनप्रतिनिधि लोगों को आमंत्रित कर रहे हैं। कार्यक्रम स्थल पर लगभग 2 लाख लोगों के जुटने की व्यवस्था की जा रही है। मल्लावां-राघौपुर मार्ग पर बंदीपुर और कल्याणपुर के बीच गंगा एक्सप्रेसवे के कट के पास कार्यक्रम स्थल बनाया गया है। हरदोई लोकसभा सांसद जयप्रकाश और मिश्रिख लोकसभा सांसद अशोक रावत अपने-अपने क्षेत्रों में लोगों से प्रधानमंत्री के कार्यक्रम में अधिक संख्या में पहुंचने का आह्वान कर रहे हैं। सोमवार को आबकारी एवं निषेध राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) नितिन अग्रवाल (हरदोई सदर विधायक), उच्च शिक्षा राज्यमंत्री रजनी तिवारी (शाहाबाद विधायक), सवायजपुर विधायक माधवेंद्र प्रताप सिंह रानू, बिलग्राम-मल्लावां विधायक आशीष सिंह आशु, गोपामऊ विधायक श्याम प्रकाश, सांडी विधायक प्रभाष कुमार, बालामऊ विधायक रामपाल वर्मा और संडीला विधायक अलका अर्कवंशी ने बैठक की। उन्होंने मल्लावां में आयोजित कार्यक्रम में बड़ी संख्या में लोगों से पहुंचने का आग्रह किया। जिलाध्यक्ष अजीत सिंह बब्बन भी कार्यकर्ताओं के साथ लगातार बैठकें कर कार्यक्रम को सफल बनाने में जुटे हैं। 144 हेक्टर भूमि में कार्यक्रम स्थल की सभी व्यवस्थाएं की गई है जिससे कि आने वाले लोगों को सुविधा रहे। कार्यक्रम में हरदोई समेत उन्नाव, कन्नौज, शाहजहांपुर और फर्रुखाबाद से लोगों को लाने के लिए 2900 बसों की व्यवस्था की गई है। कार्यक्रम स्थल पर मंच, पार्किंग, हेलीपैड और वीआईपी कॉर्टेज जैसी व्यवस्थाओं को अंतिम रूप दिया जा रहा है। डीएम-एसपी समेत आला अधिकारी कार्यक्रम की व्यवस्थाओं में बहेतर करने में जुटे हुए हैं। गंगा एक्सप्रेस-वे मेरठ से प्रयागराज को जोड़ता है और इसकी कुल लंबाई 594 किलोमीटर है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 18 दिसंबर 2021 को शाहजहांपुर के रोजा में इस एक्सप्रेस-वे का शिलान्यास किया था। इस परियोजना का अनुमानित बजट लगभग 36,200 करोड़ रुपये है। गंगा एक्सप्रेस-वे का लगभग 100 किलोमीटर का हिस्सा हरदोई जनपद से होकर गुजरता है। इसकी चौड़ाई करीब 120 मीटर है और इसके लिए लगभग 1133 हेक्टेयर भूमि का अधिग्रहण किया गया है। यह एक्सप्रेस-वे कुल 12 जनपदों - मेरठ, हापुड़, बुलंदशहर, अमरोहा, संभल, बदायूं, शाहजहांपुर, हरदोई, उन्नाव, रायबरेली, प्रतापगढ़ और प्रयागराज से होकर गुजरता है।
सिंदुरिया में युवक गंभीर घायल:सिर में चोटें आईं, जिला अस्पताल रेफर किया गया
महराजगंज के सिंदुरिया थाना क्षेत्र में सोमवार देर शाम एक सड़क हादसे में एक युवक गंभीर रूप से घायल हो गया। घटना मोहनपुर के पास रात करीब 8 बजे हुई। घायल को पुलिस की मदद से जिला अस्पताल रेफर किया गया है। घायल युवक की पहचान सिंदुरिया थाना क्षेत्र के बड़हरा मीर निवासी मोहन मिश्रा (पुत्र छेदी मिश्रा) के रूप में हुई है। हादसे की सूचना मिलते ही सिंदुरिया पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची। पुलिस ने स्थानीय लोगों की मदद से मोहन मिश्रा को पुलिस के जवान अपने सरकारी वाहन के जरिए जिला अस्पताल पहुंचाया। डॉक्टरों के अनुसार, घायल युवक की हालत काफी नाजुक बनी हुई है और उसका उपचार जारी है। फिलहाल हादसे के कारणों का पता नहीं चल पाया है। पुलिस यह जानने की कोशिश कर रही है कि यह टक्कर किसी वाहन से हुई या बाइक अनियंत्रित होने के कारण। मौके पर मौजूद ग्रामीणों ने बताया कि टक्कर इतनी भीषण थी कि युवक को सिर में गंभीर चोटें आई हैं। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, युवक लगभग 20 मिनट तक सड़क पर पड़ा रहा, जिसके बाद गश्त कर रहे सिंदुरिया थाने के जवानों ने उसे देखा और तुरंत अस्पताल पहुंचाया। क्षेत्र में आए दिन इस प्रकार की घटना हो रही हैं पुलिस के सूझ बुझ से उसे जिला अस्पताल ले जा ज्या रहा है
रामानुजगंज में सोमवार को गौ सेवा, गौ सुरक्षा और गौ सम्मान की मांग को लेकर बड़ा प्रदर्शन किया गया। गौ भक्तों, संत समाज और सामाजिक कार्यकर्ताओं ने तहसील कार्यालय पहुंचकर तहसीलदार को ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री, राज्यपाल और मुख्यमंत्री के नाम दिया गया। यह प्रदर्शन देशभर में चल रहे गौ सम्मान दिवस अभियान के पहले चरण के तहत किया गया। सुबह से ही आसपास के गांवों और क्षेत्रों से बड़ी संख्या में लोग रामानुजगंज पहुंचे। हाथों में तख्तियां और बैनर लेकर लोगों ने शांतिपूर्ण तरीके से अपनी मांगें रखीं। गौ माता को राष्ट्रमाता,गोवंश सुरक्षा के लिए सख्त कानून की मांग ज्ञापन में गौ माता को राष्ट्रमाता घोषित करने की मांग की गई। इसके साथ ही गोवंश सुरक्षा के लिए सख्त कानून बनाने, अवैध तस्करी पर रोक लगाने, हर पंचायत में नंदीशाला शुरू करने और गौशालाओं को आर्थिक सहायता देने की मांग भी रखी गई। गौ भक्तों ने कहा कि भारतीय संस्कृति में गौ माता का विशेष महत्व है। खेती-किसानी, ग्रामीण अर्थव्यवस्था और सामाजिक जीवन में गोवंश का योगदान हमेशा से रहा है। इसलिए गौ संरक्षण जरूरी है।
जयपुर स्थित एपेक्स हॉस्पिटल के डॉक्टरों ने दिल में जन्मजात छेद की समस्या से पीड़ित 35 वर्षीय महिला का सफल इलाज कर एक उपलब्धि हासिल की है। यह जटिल सर्जरी सीनियर रोबोटिक कार्डियोथोरेसिक सर्जन डॉ. राहुल भुकर के निर्देशन में की गई। डॉ. राहुल भुकर ने बताया कि मरीज लंबे समय से खांसी, सांस फूलने, बार-बार चेस्ट इंफेक्शन और उल्टी जैसी समस्याओं से जूझ रही थी। 2डी-ईको और अन्य जांचों में दिल में जन्मजात छेद यानी Atrial Septal Defect (एएसडी) की पुष्टि हुई। इसके बाद मरीज का रोबोटिक एएसडी क्लोजर तकनीक से सफल ऑपरेशन किया गया। डॉक्टरों ने बताया कि सामान्यतः इस प्रकार की समस्या में ओपन हार्ट सर्जरी की जाती है, लेकिन इस मामले में रोबोटिक तकनीक का उपयोग करते हुए मात्र लगभग 2 सेंटीमीटर के छोटे चीरे से सर्जरी की गई। इससे न केवल सर्जरी कम जटिल रही, बल्कि शरीर पर बहुत छोटा निशान भी पड़ा और रिकवरी भी तेज रही। डॉ. भुकर ने बताया कि रोबोट की मदद से इस तरह की यह प्रदेश में दूसरी सफल कार्डियक सर्जरी है, जो एपेक्स हॉस्पिटल में संपन्न हुई है। सर्जरी के बाद मरीज को वेंटिलेटर से हटाकर सामान्य स्थिति में लाया गया और जल्द ही स्वस्थ अवस्था में डिस्चार्ज कर दिया गया। उन्होंने यह भी बताया कि अस्पताल में उपलब्ध अत्याधुनिक रोबोटिक मशीनों और विशेषज्ञ चिकित्सकों की टीम के कारण अब जटिल हृदय रोगों का भी सफलतापूर्वक इलाज संभव हो पा रहा है। इस सर्जरी में कार्डियक एनेस्थेटिस्ट डॉ. प्रेमलता कृष्णमूर्ति, कार्डियक परफ्यूज़निस्ट श्याम, संस्कृति, नेमीचंद, आदित्य पंवार, सतेन्द्र कुमार सहित सीटीवीएस टीम के अन्य सदस्य शामिल रहे।
इंदौर पुलिस कमिश्नर ने सोमवार शाम सात थाना प्रभारियों के तबादलों की सूची जारी कर दी। सूची में लसूड़िया और एरोड्रम थाना प्रभारियों को हटाकर क्राइम ब्रांच भेजा गया है। डीसीपी मुख्यालय प्रकाश परिहार द्वारा जारी आदेश के अनुसार, लसूडिया टीआई तारेश सोनी को क्राइम ब्रांच भेजा गया है। उनकी जगह भंवरकुआं थाना प्रभारी रहे राजकुमार यादव को लसूड़िया की जिम्मेदारी सौंपी गई है। वहीं राजेंद्र नगर से हटाए गए टीआई नीरज बिरथरे को मल्हारगंज थाना भेजा गया है। मल्हारगंज के टीआई वीरेंद्र सिंह कुशवाह को एरोड्रम थाना प्रभारी बनाया गया है। एरोड्रम टीआई तरुण भाटी को भी क्राइम ब्रांच भेजा गया है। तुकोगंज थाना प्रभारी जितेंद्र यादव को हटाकर वहां क्राइम ब्रांच के जितेंद्र चौहान की पोस्टिंग की गई है। जितेंद्र यादव को भी क्राइम ब्रांच भेजा गया है। सोना कांड और क्रिप्टो करेंसी मामले के बाद कार्रवाई लसूड़िया थाना क्षेत्र में व्यापारी गौरव जैन के यहां से 22 तोला सोना चोरी होने के मामले में थाने के स्टाफ पर आरोप लगे थे। हालांकि टीआई तारेश सोनी की भूमिका साफ बताई जा रही थी, लेकिन विभागीय खींचतान के बीच उन्हें हटा दिया गया। एरोड्रम टीआई तरुण भाटी पर भी कई जमीन संबंधी मामलों में आरोप लगे थे। इसके अलावा मुख्यमंत्री के इंदौर प्रवास के दौरान उनके थाना क्षेत्र में क्रिप्टो करेंसी लेनदेन से जुड़े युवक से रुपए छीनने का मामला सामने आया था। इस प्रकरण में तीन पुलिसकर्मियों को डीसीपी कार्यालय अटैच किया गया था। टीआई भाटी बाद में बीमारी के कारण छुट्टी पर चले गए थे। तुकोगंज टीआई जितेंद्र यादव पर भी थाना क्षेत्र में एडवाइजरी गतिविधियां चलने देने के आरोप लगे थे, जिसके बाद वे अधिकारियों की नजर में थे। वहीं नीरज बिरथरे को एक सुसाइड मामले में उनकी एसीपी ने तीन दिन के भीतर क्लीन चिट दे दी थी। व्यापारी की पिस्टल और बैग चोरी भंवरकुआं थाना क्षेत्र स्थित मल्हार गार्डन के बाहर व्यापारी केशव सोनी के साथ चोरी की वारदात हुई। वे रिश्तेदार के यहां शादी समारोह में आए थे। इस दौरान उनकी कार का कांच फोड़कर बदमाश पिस्टल और नकदी से भरा बैग चोरी कर ले गए। पुलिस आसपास के सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही है।
योगी सरकार ने आर्थिक रूप से कमजोर पिछड़ा वर्ग (OBC) के छात्रों के लिए खजाना खोल दिया है। साल 2025-26 में प्रदेश के 36 लाख से ज्यादा छात्र-छात्राओं को स्कॉलरशिप देकर बड़ी राहत दी गई है। सरकार ने इस योजना में न केवल छात्र-छात्राओं बल्कि ट्रांसजेंडर समुदाय को भी शामिल कर सबको साथ लेकर चलने का संदेश दिया है। इस योजना का फायदा उन परिवारों को मिल रहा है जिनकी सालाना आय 2 लाख रुपये या उससे कम है। डॉक्टर और इंजीनियर बनने का सपना होगा पूरा सरकार की यह योजना केवल स्कूल तक सीमित नहीं है, बल्कि उच्च शिक्षा और प्रोफेशनल कोर्स करने वाले छात्रों को भी बड़ा संबल दे रही है। दशमोत्तर छात्रवृत्ति योजना के तहत एमबीबीएस, बीटेक और एमबीए जैसे महंगे कोर्स करने वाले छात्रों को साल भर में 64,400 रुपए तक की आर्थिक मदद दी जा रही है। इसके अलावा बीए, बीएससी, बीकॉम, आईटीआई और पॉलिटेक्निक करने वाले लाखों छात्रों के खातों में भी करोड़ों रुपये ट्रांसफर किए गए हैं। इससे गरीब परिवारों के बच्चों के लिए बड़ी डिग्रियां हासिल करना अब आसान हो गया है। कक्षा 9 से 12 तक के छात्रों को भी सीधा लाभ छोटे क्लास के बच्चों की पढ़ाई न छूटे, इसके लिए कक्षा 9 और 10 के करीब 8.88 लाख छात्रों को 219 करोड़ रुपये दिए गए हैं। इन छात्रों को हर महीने 150 रुपये और सालाना अनुदान मिलाकर कुल 2250 रुपये तक की सहायता मिलती है। वहीं कक्षा 11 और 12 के छात्रों को उनके कोर्स और हॉस्टल की सुविधा के आधार पर अलग-अलग दरों पर छात्रवृत्ति दी जा रही है। आईटीआई और पॉलिटेक्निक के जो छात्र हॉस्टल में रहकर पढ़ते हैं, उन्हें सालाना 14,560 रुपये तक की मदद मिल रही है। पूरी तरह पारदर्शी और सीधे खाते में पैसा भ्रष्टाचार रोकने के लिए योगी सरकार ने पूरी प्रक्रिया को ऑनलाइन और पारदर्शी बनाया है। स्कॉलरशिप का पैसा बिना किसी बिचौलिये के सीधे छात्रों के बैंक खातों में भेजा जा रहा है। पिछड़ा वर्ग कल्याण विभाग के निदेशक उमेश प्रताप सिंह ने बताया कि सरकार का लक्ष्य है कि पैसों की कमी की वजह से कोई भी होनहार छात्र अपनी पढ़ाई न छोड़े। उन्होंने छात्रों से अपील की है कि वे समय पर ऑनलाइन आवेदन करें ताकि योजना का लाभ उन तक आसानी से पहुंच सके।
छतरपुर में बीमारी से परेशान एक 67 वर्षीय बुजुर्ग ने सोमवार को तालाब में छलांग लगा दी। घटना के करीब चार घंटे बाद एसडीईआरएफ की टीम ने उनका शव बरामद किया, जिसे पोस्टमार्टम के लिए जिला अस्पताल भेजा गया। जानकारी के अनुसार, फौलादी कलम मार्ग निवासी प्रभु प्रकाश खरे (67) सोमवार को बिना बताए घर से निकल गए थे। उनके बेटे राहुल खरे ने बताया कि परिवार को उनके बाहर जाने की कोई जानकारी नहीं थी। कुछ समय बाद किशोर सागर तालाब की सीढ़ियों के पास उनकी छड़ी और चप्पल मिली, जिस पर उनका नाम, मोबाइल नंबर और पता लिखा था। परिजनों ने इनकी पहचान की। चार घंटे बाद बरामद किया शवघटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू की। एसडीईआरएफ की टीम को भी बुलाया गया, जिसने तालाब में बुजुर्ग की तलाश शुरू की। करीब चार घंटे की मशक्कत के बाद प्रभु प्रकाश का शव तालाब से बरामद कर पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया। सीएसपी अरुण कुमार सोनी ने बताया कि पुलिस को एक सुसाइड नोट मिला है। इसमें बीमारी से तंग आकर यह आत्मघाती कदम उठाने का जिक्र है। पुलिस फिलहाल सुसाइड नोट सहित मामले के अन्य पहलुओं की जांच कर रही है। देखें मौके की तस्वीरें
इंदौर में पुलिस ने निकाली हेलमेट जागरूकता रैली:लोगों से की ट्रैफिक नियमों का पालन करने की अपील
इंदौर में पुलिस ने सोमवार शाम को हेलमेट जागरूकता रैली निकाली। पुलिस कमिश्नर संतोष कुमार सिंह ने रैली में शामिल सभी लोगों को सड़क सुरक्षा-जीवन रक्षा के लिए हमेशा नियमों का पालन करने और दूसरों को भी सड़क सुरक्षा नियमों का पालन करने के लिए प्रेरित करने की अपील की। पुलिस कमिश्नर ने हेलमेट जागरूकता रैली को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। रैली पलासिया चौराहे से होते हुए रीगल सर्कल से राजवाड़ा पहुंची। बाइकर्स ने बाइकर्स ने पंपलेट एवं तख्तियों के माध्यम से दूसरे वाहन चालकों से अपील की कि वे टू व्हीलर चलाते समय हेलमेट पहने, फोर व्हीलर में सवार हो तो सीट बेल्ट लगाए, तेज गति से गाड़ी नहीं चलाए, अनावश्यक हॉर्न नहीं बजाए, रेड लाइट का पालन करें, गाड़ी चलाते समय मोबाइल का इस्तेमाल नहीं करें। हेलमेट जागरूकता को लेकर पुलिस लगातार अभियान चलाकर हेलमेट भी वितरित कर रही है। वहीं दूसरी तरफ अलग-अलग चौराहों पर पुलिस बिना हेलमेट वालों पर चालानी कार्रवाई भी कर रही है।
भिंड के अटेर क्षेत्र में चंबल नदी किनारे दोस्तों के साथ दाल टिक्कर की पार्टी के दौरान विवाद इतना बढ़ गया कि मामला फायरिंग तक पहुंच गया। घटना में एक युवक गंभीर रूप से घायल हो गया, जिसके पैर में दो गोलियां लगी हैं। घटना के बाद आरोपी मौके से फरार हो गए। जानकारी के अनुसार, अटेर रोड स्थित बंबा किनारा निवासी 35 वर्षीय पूरन सिंह कुशवाह पुत्र रामरतन सिंह सोमवार शाम अपने कुछ साथियों के साथ चंबल नदी किनारे दाल टिक्कर और शराब की पार्टी मनाने गया था। इसी दौरान किसी बात को लेकर आपस में कहासुनी शुरू हो गई, जो देखते ही देखते गाली-गलौज और विवाद में बदल गई। युवक के पैर में लगी गोलीबताया जा रहा है कि विवाद के दौरान मौजूद आरोपियों में से एक ने अचानक बंदूक निकालकर फायरिंग कर दी। गोली पूरन सिंह के पैर में लगी, जिससे वह मौके पर ही गिर पड़ा। बताया गया है कि उसके पैर में दो गोलियां लगी हैं, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया। घटना के बाद साथियों ने घायल पूरन को तुरंत अटेर अस्पताल पहुंचाया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद उसकी हालत को देखते हुए जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया। फिलहाल उसका इलाज जारी है। तीन पर केस दर्जइस मामले में आरोपी राजेश कुशवाह, रक्षपाल सिंह तोमर और संदीप भदौरिया निवासी ग्वालियर बताए जा रहे हैं। घटना के बाद तीनों आरोपी मौके से फरार हो गए। पुलिस ने मामला दर्ज कर आरोपियों की तलाश शुरू कर दी है। पुलिस का कहना है कि घटना के कारणों की जांच की जा रही है और जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
राजस्थान राज्य भारत स्काउट एवं गाइड, मण्डल मुख्यालय उदयपुर पर सुनील कुमार सोनी ने विधिवत रूप से सी.ओ. स्काउट का कार्यभार ग्रहण कर लिया है। कार्यभार संभालने के बाद सी.ओ. स्काउट सोनी ने कहा कि वे स्काउट-गाइड की गतिविधियों को और अधिक प्रभावी एवं सक्रिय बनाने के लिए पूर्ण समर्पण के साथ कार्य करेंगे। उनकी प्राथमिकता जिले में स्काउट-गाइड गतिविधि को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाना होगा। सी.ओ. स्काउट सोनी ने जिले के लिए अपनी प्राथमिकताओं की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि युवाओं में अनुशासन, सेवा भावना और नेतृत्व क्षमता के विकास के साथ-साथ एडवेंचर गतिविधियों को बढ़ावा देना उनकी मुख्य प्राथमिकता रहेगी। उन्होंने सभी से सहयोग की अपेक्षा व्यक्त की। सोनी ने यह भी कहा कि जिले के राजकीय एवं निजी शिक्षण संस्थानों, उच्च शिक्षण संस्थानों में स्काउटिंग-गाइडिंग गतिविधियों की संख्यात्मक एवं गुणात्मक प्रगति पर विशेष जोर दिया जाएगा। इस अवसर पर ए.एस.ओ.सी (स्काउट) मनमोहन स्वर्णकार, सी.ओ. गाइड अभिलाषा मिश्रा, डीटीसी स्काउट सुभाषचन्द्र, डीटीसी गाइड अंजना शर्मा, लिपिक शमा सोलंकी, स्काउट सहायक श्यामलाल, तुलसीराम और माधव सहित अन्य उपस्थित थे। सभी ने सुनील कुमार सोनी के कार्यभार ग्रहण करने पर हर्ष व्यक्त किया।
भारतीय जनता पार्टी के जिला मेरठ के रजपुरा ब्लॉक स्थित महाराणा प्रताप सभागार में सोमवार को ‘जन आक्रोश महिला सम्मेलन’ का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में महिला कार्यकर्ताओं की भागीदारी रही और विपक्षी दलों के खिलाफ नाराजगी जताई गई। सम्मेलन की मुख्य अतिथि मोदीनगर की विधायक डॉ. मंजू शिवाच रहीं, जबकि विशिष्ट अतिथि के रूप में क्षेत्रीय कार्य समिति महिला मोर्चा की सदस्य छवि शर्मा मौजूद रहीं। कार्यक्रम का संचालन जिला महिला मोर्चा अध्यक्ष डॉ. मंजू सेठी ने किया और अध्यक्षता जिला अध्यक्ष हरवीर सिंह पाल ने की। मुख्य वक्ता डॉ. मंजू शिवाच ने अपने संबोधन में कहा कि संसद में नारी शक्ति वंदन अधिनियम का विपक्ष द्वारा विरोध महिलाओं के अधिकारों के साथ विश्वासघात है। उन्होंने कहा कि इस मुद्दे को लेकर देशभर की महिलाओं में कांग्रेस, समाजवादी पार्टी, तृणमूल कांग्रेस और डीएमके समेत अन्य विपक्षी दलों के खिलाफ आक्रोश है। उन्होंने चेतावनी दी कि महिला शक्ति अपने अधिकारों के लिए जनजागरण कर राजनीतिक दलों को मजबूर करेगी। जिला अध्यक्ष हरवीर सिंह पाल ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में नारी शक्ति वंदन अधिनियम 2023 में संसद के दोनों सदनों से पारित होकर कानून बना। उन्होंने आरोप लगाया कि विपक्ष ने इस महत्वपूर्ण कानून का विरोध कर महिला अधिकारों के साथ अन्याय किया है। कार्यक्रम में केंद्र सरकार की विभिन्न योजनाओं जैसे उज्ज्वला योजना, स्वच्छ भारत मिशन, प्रधानमंत्री आवास योजना, लखपति दीदी, पोषण अभियान और हर घर जल योजना—का भी उल्लेख किया गया और इन्हें महिला सशक्तिकरण की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बताया गया। इस दौरान पूर्व विधायक सतवीर त्यागी, जिला उपाध्यक्ष फिरराम धनतला, जिला महामंत्री भंवर सिंह तोमर सहित महिला मोर्चा की कई पदाधिकारी और किठौर विधानसभा क्षेत्र की बड़ी संख्या में महिलाएं मौजूद रहीं।
लखनऊ HC ने जूनियर इंजीनियर (JE) भर्ती को लेकर लंबे समय से चल रहे विवाद पर बड़ा फैसला सुनाया है। अदालत ने साफ कर दिया है कि यूपी के विभिन्न इंजीनियरिंग विभाग में JE पद पर केवल डिप्लोमा धारक अभ्यर्थी ही पात्र होंगे, जबकि डिग्री होल्डर्स को भर्ती प्रक्रिया से बाहर रखा जाएगा। उच्च न्यायालय की डिविजन बेंच ने विस्तृत सुनवाई के बाद डिग्री धारकों द्वारा दाखिल याचिका को निरस्त कर दिया। कोर्ट ने माना कि संबंधित विभागों की सेवा नियमावली के अनुसार JE पद के लिए डिप्लोमा योग्यता ही निर्धारित है, इसलिए डिग्री होल्डर्स को शामिल करने का कोई आधार नहीं है। 4612 पदों पर हो रही भर्ती उत्तर प्रदेश अधीनस्थ सेवा चयन आयोग द्वारा विभिन्न अभियंत्रण विभागों में 4612 पदों पर जूनियर इंजीनियर भर्ती प्रक्रिया चल रही है। आयोग ने पहले ही विज्ञापन में केवल डिप्लोमा धारकों को पात्र घोषित किया था। अब 3 मई 2026 को होने वाली लिखित परीक्षा में केवल वही अभ्यर्थी शामिल हो सकेंगे। डिग्री होल्डर्स अभ्यर्थियों ने पहले उच्च न्यायालय में याचिका दायर की थी। अंतरिम राहत न मिलने पर मामला सर्वोच्च न्यायालय तक पहुंचा, जहां से उन्हें अस्थायी तौर पर आवेदन की अनुमति मिली। बाद में प्रकरण पुनः उच्च न्यायालय को भेजा गया, जहां अंतिम सुनवाई के बाद याचिका खारिज कर दी गई। 13 विभागों की नियमावली को दी गई थी चुनौती नई याचिका में डिग्री होल्डर्स ने 13 अभियंत्रण विभागों की सेवा नियमावली को भी चुनौती दी थी, लेकिन कोर्ट ने इसे भी खारिज करते हुए डिप्लोमा धारकों के पक्ष में फैसला बरकरार रखा। उप्र डिप्लोमा इंजीनियर्स महासंघ ने शुरू से ही इस याचिका का विरोध किया। महासंघ की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता उपेन्द्र नाथ मिश्र ने प्रभावी पैरवी की, जबकि इंजीनियर एनडी द्विवेदी को अधिकृत किया गया था। पहले भी आ चुके हैं ऐसे फैसले वर्ष 2016 और 2018 में भी इसी तरह के मामलों में उच्च न्यायालय और सर्वोच्च न्यायालय दोनों ने डिप्लोमा धारकों के पक्ष में फैसला दिया था। इस बार भी अदालत ने उसी परंपरा को बरकरार रखा। महासंघ के प्रांतीय अध्यक्ष इंजीनियर एचएन मिश्र ने प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा कि यह निर्णय बेरोजगार डिप्लोमा अभ्यर्थियों के हित में है। उन्होंने सभी सफल अभ्यर्थियों के उज्ज्वल भविष्य की कामना की।
28 अप्रैल से ग्राम रथ अभियान:15 दिन तक विधानसभाओं में सरकारी योजनाओं का करेंगे प्रचार
कोटपूतली-बहरोड़ जिले में 'ग्राम रथ अभियान' की तैयारियों की समीक्षा के लिए सोमवार को जिला कलेक्टर अपर्णा गुप्ता ने कलेक्ट्रेट में अधिकारियों की बैठक ली। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। यह अभियान जिले की चारों विधानसभा क्षेत्रों की सभी ग्राम पंचायतों में 28 अप्रैल से लगातार 15 दिनों तक चलाया जाएगा। इस अभियान के तहत ग्राम रथ प्रत्येक विधानसभा की 4-5 ग्राम पंचायतों में विभिन्न स्थानों पर लगभग एक-एक घंटे के वीडियो और ऑडियो संदेशों के माध्यम से सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं और 'ग्राम' का प्रचार-प्रसार करेंगे। अभियान के लिए सभी विधानसभाओं के उपखंड अधिकारियों से रूट चार्ट प्राप्त हो चुका है। 13 विभागों की योजनाओं के बारे में देंगे जानकारी राजस्थान सरकार द्वारा किसानों और पशुपालकों को सशक्त बनाने तथा ग्रामीण क्षेत्रों के सर्वांगीण विकास के उद्देश्य से यह एलईडी मोबाइल वैन आधारित जन-जागरूकता अभियान संचालित किया जा रहा है। इसमें कृषि, उद्यानिकी, कृषि विपणन, पशुपालन, डेयरी, मत्स्य, सहकारिता, सिंचाई, उद्योग, ऊर्जा, राजस्व, पंचायतीराज और ग्रामीण विकास विभाग सहित 13 विभागों की योजनाओं और उपलब्धियों की जानकारी आमजन तक पहुंचाई जाएगी। अभियान के प्रचार-प्रसार, व्यवस्थित संचालन और निगरानी के लिए जिला स्तर पर जिला परिषद के अतिरिक्त मुख्य कार्यकारी अधिकारी को नोडल अधिकारी बनाया गया है। विधानसभा क्षेत्र के लिए संबंधित उपखंड अधिकारी नोडल होंगे। ग्राम रथों में सुझाव पेटिका का भी प्रावधान किया गया है, जिसके माध्यम से ग्रामीण अपनी समस्याएं और सुझाव राज्य सरकार को भेज सकेंगे। 'संध्या चौपाल' भी होगी रोजाना विश्राम स्थल पर आयोजित होने वाली 'संध्या चौपाल' अभियान का मुख्य आकर्षण रहेगी। रथों के साथ चलने वाले कला जत्था के स्थानीय कलाकार सरकारी योजनाओं के साथ-साथ जयपुर में होने वाले ग्लोबल राजस्थान एग्रीटेक मीट 2026 का भी व्यापक प्रचार करेंगे। वे किसानों, पशुपालकों और निवेशकों को इसमें शामिल होने के लिए प्रेरित करेंगे।
बारां में कांच व्यापारी के अपहरण और 14 लाख रुपए की फिरौती मामले में पुलिस ने छह आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने मुख्य आरोपियों का शहर में जुलूस भी निकाला। पुलिस अधीक्षक अभिषेक अंदासु ने बताया कि यह वारदात 24 अप्रैल को हुई थी। इसके बाद एएसपी राजेश चौधरी के नेतृत्व में डीएसपी बारां, कोतवाली थाना पुलिस, जिला विशेष टीम और साइबर सेल की कुल चार टीमें गठित की गईं। लगातार दबिश के बाद पुलिस ने रविवार रात तालाबपाड़ा निवासी मोइन खान उर्फ मोनू, तेल फैक्ट्री निवासी सुमित नागर और ओढ़पुरा निवासी साजिद उर्फ राइडर को गिरफ्तार किया। इन तीनों आरोपियों को सोमवार को प्रताप चौक से चारमूर्ति चौराहा तक पैदल जुलूस निकालकर तस्दीक करवाई गई। बाद में उन्हें कोर्ट में पेश कर जेल भेज दिया गया। पुलिस ने सोमवार को तीन अन्य आरोपियों राहिल, रिहान और शाहरुख को भी गिरफ्तार किया है। उनसे गहन पूछताछ जारी है। मामले में फरार अन्य आरोपियों की तलाश में पुलिस टीमें जुटी हुई हैं। पुलिस ने बताया कि इस मामले में आगे भी सख्त और प्रभावी कार्रवाई जारी रहेगी।
छिंदवाड़ा में शॉर्ट सर्किट से सब्जी मंडी में आग:फायर ब्रिगेड ने काफी मशक्कत के बाद पाया काबू
छिंदवाड़ा शहर के गुरैया रोड स्थित सब्जी मंडी में सोमवार शाम 7 बजे अचानक आग लगने से अफरा-तफरी मच गई। आग की शुरुआत एक दुकान से हुई और देखते ही देखते पास की दुकानों तक फैलने लगी। इस दौरान “श्याम राव दौड़के एंड संस” नाम की दुकान इसकी चपेट में आ गई। स्थानीय लोगों ने तुरंत फायर ब्रिगेड को सूचना दी। मौके पर पहुंची दमकल टीम ने काफी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। हालांकि तब तक दुकान का बड़ा हिस्सा जलकर क्षतिग्रस्त हो चुका था। आग बुझाने के दौरान पानी डाले जाने से गोदाम में रखी प्याज भी पूरी तरह भीग गई, जिससे अतिरिक्त नुकसान हुआ। मीटर के पास हुई स्पार्किंगप्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, आग शॉर्ट सर्किट के कारण लगी। बताया जा रहा है कि बिजली के खंभे से आई लाइन के पास मीटर के नजदीक स्पार्किंग हुई, जिससे फाइबर में आग भड़क गई और धीरे-धीरे फैलती चली गई। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस भी मौके पर पहुंची और स्थिति को नियंत्रित किया। स्थानीय लोगों की सतर्कता के चलते आग ज्यादा दुकानों तक नहीं फैल पाई, वरना लाइन से लगी दुकानों में बड़ा हादसा हो सकता था। फिलहाल, नुकसान का आकलन नहीं हो सका है।
UDH मंत्री बोले- समाधान के लिए स्थाई प्लेटफॉर्म मिला:7 करोड़ की लागत से बना तीन मंजिला भाजपा कार्यालय
पाली के पांच मौखा पुलिया के पास बने भाजपा के तीन मंजिला लग्जरी कार्यालय का सोमवार दोपहर को भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन ने टोंक से वर्चुअल रूप से उद्घाटन किया। यहां पाली में जिले के प्रभारी मंत्री झाबर सिंह खर्रा, मंत्री अविनाश गहलोत सहित अन्य अतिथियों ने फीता खोला। उसके बाद सभी ने भाजपा के नए कार्यालय का निरीक्षण किया। इससे पहले मंत्री झाबर सिंह खर्रा ने कहा कि कार्यालय बनने के बाद जनता को अपनी समस्या के समाधान के लिए एक स्थाई प्लेटफॉर्म मिल गया है। वे यहां आकर अपनी समस्या बता सकते हैं उनकी समस्या के समाधान के लिए भाजपा पदाधिकारी प्रयास करेंगे। भाजपा जिलाध्यक्ष सुनील भंडारी और पूर्व सभापति महेंद्र बोहरा ने भाजपा कार्यालय बनाने में कितनी मेहनत करनी पड़ी इसको लेकर कार्यकर्ताओं को अवगत करवाया। कार्यक्रम में यह लोग रहे मौजूदभाजपा कार्यालय के उद्घाटन के मौके पाली जिले के प्रभारी मंत्री झाबर सिंह खर्रा, मंत्री अविनाश गहलोत, भाजपा जिलाध्यक्ष सुनील भंडारी, विधायक बाली पुष्पेन्द्र सिंह राणावत, सोजत विधायक शोभा चौहान, मारवाड़ जंक्शन विधायक केसाराम चौधरी, पूर्व सांसद पुष्प जैन, पूर्व विधायक ज्ञानचंद पारख, पूर्व विधायक सोजत संजना आगरी, कार्यालय निर्माण संयोजक महेन्द्र बोहरा, जिला संगठन प्रभारी श्याम शर्मा, पूर्व यूआईटी अध्यक्ष पाली संजय ओझा, महामंत्री दिग्विजय सिंह राठौड़, भरत त्रिवेदी, नारायण कुमावत, तिलोक चौधरी, पूर्व जिलाध्यक्ष मंशाराम परमार, जिला प्रवक्ता तिलोक चौधरी ,राहुल मेवाड़ा सहित बड़ी संख्या में भाजपाई मौजूद रहे। यह बनवाया BJP के तीन मंजिला ऑफिस में - भाजपा कार्यालय के निर्माण पर करीब सात करोड़ रुपए खर्च हुए।- 300 लोगों के बैठने के मीटिंग हॉल, जिसमें प्रोजेक्टर, फर्नीचर, वाई-फाई की सुविधा के साथ। - संभाग प्रभारी सहित संगठन प्रभारी और जिलाध्यक्ष का चैंबर। - एक ऑफिस बनवाया। - एक कांफ्रेंस हॉल प्रोजेक्टर, फर्नीचर, वाई-फाई की सुविधायुक्त। - 10 लेट बाथ महिला और पुरुषों के लिए अलग-अलग। - इस भवन में किचन की भी सुविधा की गई है। - 20 कारों और 50 बाइक पार्किंग की सुविधा है। - 1 लग्जरी विजिंटग रूम। यहां पाली आने वाले संभाग स्तर के पदाधिकारियों के रुक सकेंगे - पूरा भवन भूकंप, फायरप्रूफ बनेगा, जो वाई-फाई की सुविधायुक्त होगा। - वीडियो कांफ्रेंसिंग रूम बनवाया गया है। - एक आईटी रूम बनवाया गया है। - बरसाती पानी को एकत्रित करने के लिए वॉटर हार्वेस्टिंग सिस्टम भी बनवाया। - भविष्य में इस भवन में लिफ्ट और सोलर प्लांट लगवाने की प्लानिंग है।
धार में भीषण गर्मी और लगातार बढ़ते तापमान को देखते हुए जिला प्रशासन ने स्कूलों के लिए अहम निर्णय लिया है। कलेक्टर के निर्देश पर जिला शिक्षा अधिकारी ने विद्यालयों के समय और अवकाश को लेकर विस्तृत आदेश जारी किए हैं। जारी आदेश के अनुसार जिले के सभी शासकीय, अशासकीय, सीबीएसई और अन्य बोर्ड से संबद्ध विद्यालयों में नर्सरी से कक्षा 8वीं तक के विद्यार्थियों के लिए 28 अप्रैल 2026 से 30 अप्रैल 2026 तक अवकाश घोषित किया गया है। कक्षा 9वीं से 12वीं तक बदला स्कूल समय कक्षा 9वीं से 12वीं तक के विद्यार्थियों के लिए विद्यालय खुले रहेंगे, लेकिन समय में बदलाव किया गया है। अब इन कक्षाओं का संचालन सुबह 7 बजे से दोपहर 12 बजे तक ही किया जाएगा। प्रशासन ने यह फैसला भीषण गर्मी के दौरान छात्रों के स्वास्थ्य और सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए लिया है, ताकि बच्चों को तेज धूप और लू से बचाया जा सके। 1 मई से शुरू होगा ग्रीष्मकालीन अवकाश मध्य प्रदेश शासन के पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार, जिले के सभी विद्यालयों में 1 मई 2026 से 15 जून 2026 तक ग्रीष्मकालीन अवकाश रहेगा। जिला शिक्षा अधिकारी ने सभी विकासखंड शिक्षा अधिकारियों, संकुल प्राचार्यों और निजी स्कूल संचालकों को आदेश का सख्ती से पालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं।
मध्यप्रदेश में मंत्री और आईएएस अधिकारी के बीच विवाद ने प्रशासनिक हलकों में हलचल बढ़ा दी है। लोक निर्माण विभाग (PWD) मंत्री राकेश सिंह पर जबलपुर स्मार्ट सिटी के CEO और आईएएस अधिकारी अरविंद शाह को बंगले पर बुलाकर अपमानित करने और धमकी देने के आरोप लगे हैं। मामले को लेकर आईएएस एसोसिएशन ने मुख्यमंत्री से कड़ी आपत्ति जताई है। जानकारी के मुताबिक, 17 मार्च 2026 को अरविंद शाह ने जबलपुर स्मार्ट सिटी CEO का प्रभार संभाला। इसके बाद उन्होंने कार्यालय में अनुशासन सख्त करते हुए उपस्थिति की जांच कराई। इसमें 6 कर्मचारी अनुपस्थित मिले, जिनमें दिलप्रीत कौर भल्ला भी शामिल थीं। जवाब नहीं मिलने पर उनका वेतन रोक दिया गया। बताया जा रहा है कि 22 अप्रैल को शाह ने दिलप्रीत कौर को पूछताछ के लिए बुलाया। इसी के कुछ घंटों बाद मंत्री राकेश सिंह ने उन्हें अपने आवास पर तलब किया। ‘बंगले पर 30 मिनट तक अपमान और धमकी’ आरोप है कि अरविंद शाह मंत्री आवास पर गुलदस्ता लेकर पहुंचे थे, जहां करीब 30 मिनट तक उनके साथ अभद्र भाषा में बात की गई। आईएएस अधिकारी के मुताबिक- उन्हें जान से मारने की धमकी दी गई। उनके चयन पर सवाल उठाए गए। सिंगरौली तक परेड कराकर भेजने जैसी बात कही गई। घटना के बाद अधिकारी के मानसिक रूप से आहत होने की भी बात सामने आई है। दूसरा पक्ष: मंत्री समर्थकों के आरोपमंत्री समर्थकों और गुरुद्वारा प्रबंधन से जुड़े लोगों का कहना है कि आईएएस अधिकारी ने महिला कर्मचारी दिलप्रीत कौर से दुर्व्यवहार किया था। स्थानीय स्तर पर माफी मांगने की भी बात कही जा रही है, हालांकि अरविंद शाह ने किसी भी तरह की माफी से इनकार किया है। IAS एसोसिएशन ने जताई आपत्तिएमपी आईएएस एसोसिएशन के अध्यक्ष मनु श्रीवास्तव ने कहा कि पूरे मामले से मुख्यमंत्री को अवगत कराया गया है और एसोसिएशन ने कड़ी आपत्ति जताई है। उनका कहना है कि प्रदेश में अधिकारियों के साथ ऐसी घटनाएं बढ़ रही हैं, जिससे स्वतंत्र रूप से काम करना मुश्किल हो सकता है। CM और मुख्य सचिव तक पहुंचा मामला मनु श्रीवास्तव के मुताबिक— मुख्यमंत्री और मुख्य सचिव से इस मुद्दे पर चर्चा हो चुकी है। हाल के समय में IAS, IPS और जनपद CEO से जुड़े कई विवाद सामने आए हैं। यह सिर्फ एक अधिकारी का नहीं, पूरे सिस्टम का मुद्दा बनता जा रहा है। उन्होंने यह भी कहा कि अरविंद शाह ने एसोसिएशन को पूरी जानकारी दे दी है, लिखित शिकायत जरूरी नहीं है। घटना के बाद अरविंद शाह की पत्नी ने भी एसोसिएशन पदाधिकारियों से मुलाकात कर पूरी बात साझा की है। मामले में आरोप-प्रत्यारोप जारी हैं।
कोतवाली पुलिस ने जिला स्पेशल टीम के सहयोग से गश्त के दौरान दो आरोपियों को अवैध हथियारों और जिंदा कारतूसों के साथ गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई शहर के आईटीआई कॉलेज के पास और कालीसिंध मुंडेरी पुलिया के पास की गई। पुलिस अधीक्षक अमित कुमार ने बताया कि गिरफ्तार आरोपियों में अधिराज सिंह उर्फ जॉय (19) पुत्र जगजीत सिंह शामिल है, जो नई जेल रोड हाउसिंग बोर्ड, झालावाड़ का निवासी है। उसके कब्जे से एक देसी कट्टा और तीन जिंदा कारतूस बरामद किए गए। दूसरे आरोपी की पहचान मूलचंद (57) पुत्र भंवरलाल मीणा के रूप में हुई है, जो परपती, थाना अकलेरा का निवासी है और वर्तमान में खंडिया कॉलोनी, झालावाड़ में रहता है। उसे कालीसिंध मुंडेरी पुलिया के पास से एक पिस्टल के साथ गिरफ्तार किया गया। एसपी ने बताया कि स्थानीय पुलिस को अपराधियों पर कड़ी निगरानी रखने के निर्देश दिए गए थे। इसी के तहत कोतवाली थानाधिकारी मुकेश मीणा के नेतृत्व में एक टीम गठित कर आदतन अपराधियों, मादक पदार्थ और हथियार तस्करों की धरपकड़ के लिए निगरानी रखी जा रही थी। दोनों आरोपियों के खिलाफ आर्म्स एक्ट की संबंधित धाराओं में मामले दर्ज किए गए हैं। उन्हें पुलिस रिमांड पर लेकर अन्य व्यक्तियों की संलिप्तता के बारे में अनुसंधान किया जा रहा है। इस कार्रवाई में कॉन्स्टेबल श्यामलाल की विशेष भूमिका रही। पुलिस का मानना है कि इस प्रकार की कार्रवाई से क्षेत्र में अपराधों में कमी आएगी।
देश के चर्चित बड़ा उदासीन अखाड़ा के देशभर के सभी बैंक खातों को सीज करने का आदेश जारी हुआ है। इससे बड़ा उदासीन अखाड़ा के पदाधिकारियों के साथ ही साधु संतों में हड़कंप मच गया है। यह कार्रवाई बड़ा अखाड़ा उदासीन में संतो के बीच चल रहे विवाद की वजह से हुआ हैं। संतों के बीच का यह विवाद कोर्ट में विचाराधीन है। कार्यालय सहायक रजिस्ट्रार फार्म सोसाइटी चीट्स एंड फंड्स प्रयागराज के सहायक रजिस्टर मनोज कुमार ने अखाड़े के देशभर की शाखाओं के बैंक खाते सील करने के आदेश जारी किया हैं। अखाड़े की संपत्ति के लीज और बिक्री पर रोक23 अप्रैल को सहायक रजिस्ट्रार मनोज कुमार ने सभी राज्यों में अखाड़े की शाखोंओ के खाता बैंक खाता सील करने के आदेश के साथ किसी कर्मचारी का वेतन, बिजली का बिल, पानी का बिल या अन्य जरूरी आवश्यकता संबंधित भुगतान संबंधित अधिकारी से स्वीकृति के बाद ही करने का आदेश जारी किया है। साथ ही अखाड़े की किसी संपत्ति को लीज और बिक्री पर ऑडिट होने तक रोक रहेगी। सहायक रजिस्टर मनोज कुमार ने ऑडिटर विवेक तिवारी को बदलकर संदीप कुमार को अखाड़े की सभी संपत्तियों की जांच के लिए ऑडिटर नियुक्त किया है। यह आदेश उन्होंने उच्च न्यायालय इलाहाबाद के 20 अगस्त 2025 के फैसले के अनुपालन में किया है। पदाधिकारियों के झगड़े के बाद लगी रोकरजिस्टार ऑफिस में सचिव अग्रदास और महंत रघुमुनि ने शिकायत देकर आरोप लगाया था कि देशभर में अखाड़े की संपत्तियां को दुर्गादास गुट द्वारा इधर उधर किया जा रहा है, यानि संपत्तियों को लेकर कागजी खेल हो रहा है। इस पर सुनवाई करते हुए 23 अप्रैल को सहायक रजिस्ट्रार मनोज कुमार ने अखाड़े की देश भर के सभी बैंक खाते को सील करने का आदेश जारी कर दिया। लंबे समय से अखाड़े में चल रहे विवाद अब रिसीवर नियुक्त होने की ओर जाता दिखाई दे रहा है अगर विवाद कुछ समय और चला तो वह दिन दूर नहीं जब बड़ा अखाड़ा उदासीन में रिसीवर नियुक्त हो जाएगा। बड़ा उदासीन अखाड़ा के कोषाध्यक्ष शिवानंद गिरि ने बताया- जांच चल रही है। नया आदेश हुआ है कि जांच पूरी होने तक बैंक खातों का इस्तेमाल न करने का निर्देश हुआ है। प्रापर्टी को लीज पर देने और विक्रम पर रोक लगाने का आदेश हुआ हैं। यह जानकारी मिली है। अभी आर्डर की कॉपी हमें नहीं मिली है। पूरे मामले की जांच तो कराई ही जा रही है। प्रयागराज में कितनी संपत्ति है, इसका आंकलन हमें नहीं है। यह कार्रवाई दो माह के लिए हुई है।
नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग के अपर आयुक्त दिव्यांक सिंह ने सोमवार को नगर पालिका परिषद गुना के सभा कक्ष में जिले की सभी नगरीय निकायों की विस्तृत समीक्षा बैठक ली। बैठक में उन्होंने मुख्य नगर पालिका अधिकारियों को आधुनिक तकनीक और पोर्टलों का अधिक से अधिक उपयोग करने की सलाह दी। समीक्षा के दौरान दिव्यांक सिंह ने सख्त लहजे में कहा कि निकाय जितनी जल्दी नई तकनीक को अपनाएं, उतनी ही तेजी से प्रगति होगी और काम आसान होंगे। उन्होंने निर्देश दिए कि भवन निर्माण अनुमति, संपत्ति कर और जलकर वसूली जैसे सभी कार्य अनिवार्य रूप से ऑनलाइन पोर्टल पर दर्ज किए जाएं। अपर आयुक्त ने ई-फाइलिंग का कार्य शीघ्र शुरू करने के निर्देश देते हुए कहा, “पोर्टल के माध्यम से हम भोपाल बैठकर भी हर गतिविधि देख सकते हैं, लेकिन आपसे रूबरू होने और स्थानीय समस्याओं को समझने के लिए यह बैठक आयोजित की गई है।” जलकर वसूली में तेजी लाने के निर्देशअपर आयुक्त ने संपत्ति कर और जलकर वसूली में तेजी लाने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि जिस तरह बिजली जरूरी है, उसी तरह पानी भी महत्वपूर्ण है, इसलिए नागरिकों को प्रेरित कर जलकर वसूली का प्रतिशत बढ़ाया जाए। स्वच्छ सर्वेक्षण 2026 को लेकर उन्होंने वन-टू-वन चर्चा की और स्वच्छता के मापदंडों पर खरा उतरने के लिए आसान सुझाव साझा किए। उन्होंने निर्देश दिए कि ग्रीष्मकाल को देखते हुए किसी भी क्षेत्र में पेयजल की किल्लत नहीं होनी चाहिए। बैठक में सीएमओ आरोन दिनेश सोनी, सीएमओ मधुसूदनगढ़ वीरेंद्र चक्रवर्ती सहित अन्य विभागीय अधिकारी उपस्थित रहे।
बाड़मेर में ड्यूटी पर अनुपस्थित पाए जाने की कार्रवाई से गुस्साए लैब असिस्टेंट ने नर्सिंग सुपरिटेंडेंट को ट्रांसफर कराने की धमकी दे दी। लैब असिस्टेंट को कारण बताओ नोटिस मिला था। इसके बाद लैब असिस्टेंट में नर्सिंग सुपरिटेंडेंट को कॉल किया और कहा- बांसवाड़ा-डूंगरपुर किसको जाना है, नाम बता दो। मैं कितनी बार जवाब दूं। इस पर जब नर्सिंग सुपरिटेंडेंट ने कहा कि ये तो पीएमओ से पूछिए तो लैब असिस्टेंट ने कहा- पीएमओ को बांसवाड़ा-डूंगरपुर भेज दूंगा। आपको सस्पेंड करवा दूंगा। मामला चौहटन के सरकारी अस्पताल का सोमवार का है। दोनों की बातचीत का एक ऑडियो सामने आया है। इस ऑडियो की पुष्टि कार्यवाहक पीएमओ डॉ. अशोक पंवार ने की है। उन्होंने कहा- ऑडियो के संबंध में पीएमओ को मौखिक और लिखित बता दिया गया है। आगे की कार्रवाई उनकी ओर से ही की जाएगी। अब 2 पॉइंट्स में समझिए पूरा मामला 1. शिकायत थी; लैब में भीड़ यहां कोई नहीं: कार्यवाहक पीएमओ डॉ. अशोक पंवार ने बताया- बाड़मेर जिले के चौहटन जिला हॉस्पिटल में 23 अप्रैल को लैब कार्मिक की ओर से सूचना मिली थी कि हॉस्पिटल लैब में कोई कार्मिक नहीं है। वहां पर भीड़ हो रखी है। इसके बाद कार्यवाहक पीएमओ अशोक पंवार और नर्सिंग सुपरिटेंडेंट भंवराराम जांच करने के लिए पहुंचे। वहां पर लैब असिटेंट नरपत सिंह राव और किशनलाल लैब में नहीं थे। 2. फोन पर दी धमकी: डॉ. पंवार ने बताया- इसके बाद फोन कर बुलाया तो लैब असिटेंट नरपत सिंह राव ने लैब में आकर अन्य कर्मचारियों के साथ अभद्र व्यवहार किया। इसके बाद 23 अप्रैल को नोटिस जारी कर दो दिन में जवाब मांगा गया। लेकिन जवाब नहीं देने पर आज सोमवार को दोबारा नोटिस (स्मरण-पत्र) देकर दो दिन में जवाब मांगा गया था। जब नोटिस तामिल करवाने के लिए नर्सिंग सुपरिटेंडेंट लैब में पहुंचे। वहां पर नहीं मिलने पर उनको फोन किया गया। तो लैब सहायक नरपत सिंह ने ट्रांसफर और सस्पेंड करवाने की धमकी दी। अब पढ़िए दोनों के बीच हुई टेलीफोनिक बातचीत… लैब असिटेंट- बांसवाड़ा-डूंगरपुर किसको जाना है मेरे को नाम बता दो नर्सिंग सुपरिटेंडेंट- मेरे को क्या पता किसको जाना है बांसवाड़ा-डूंगरपुर लैब असिटेंट- पहले नाम आपका देता हूं नर्सिंग सुपरिटेंडेंट- कर दे भाई लैब असिटेंट- मैं कर दूंगा, 500 किलोमीटर जाना पड़ेगा नर्सिंग सुपरिटेंडेंट- कर दें, बांसवाड़ा डूंगरपुर जेब में ही है। लैब असिटेंट- जवाब दे दिया, कितनी बार दें नर्सिंग सुपरिटेंडेंट- आप पीएमओ से पूछो, मेरे पास लेटर आया था मैंने भेज दिया। लैब असिटेंट- पीएमओ को बांसवाड़ा डूंगरपुर भेज दूंगा नर्सिंग सुपरिटेंडेंट- आपके शराब पी हुई है सुबह बात करते हैं। लैब असिटेंट- मैं हमेशा शराब पीता हूं, सुबह आठ बजे से पीता हूं। अब क्या करोंगे। नौकरी से हटा सकते हो तो हटा दों नर्सिंग सुपरिटेंडेंट- मैं किस लिए हटाऊं नौकरी से। लैब असिटेंट- आपको सस्पेंड करवा दूंगा। नर्सिंग सुपरिटेंडेंट- करवा दो.. नर्सिंग सुपरिटेंडेंट- मैं आपका सीनियर हूं, फिर क्यूं मैसेज कर रहे हो।
प्रयागराज के फाफामऊ में रानीगंज से सपा विधायक आरके वर्मा के चचेरे भाई अशोक कुमार (42) को रोडवेज बस ने रौंद दिया। बस की टक्कर से वह बाइक से नीचे गिर पड़े और बस उन्हें कुचलते हुए निकल गई। घटना के चलते मौके पर काफी देर तक आवागमन बाधित भी रहा। फिलहाल देर रात तक पुलिस आरोपी चालक व बस का पता नहीं हासिल कर पाई थी। प्रतापगढ़ के थे रहने वालेयह हादसा सुबह 10 बजे के करीब फाफामऊ में जय गुरुदेव आश्रम के पास हुई। अशोक प्रतापगढ़ के जेठवारा के सराय देवराय डंडवा के रहने वाले थे। उनके घर के सामने ही कमल पटेल रहते हैं जिनकी भांजी प्रयागराज के सिविल लाइंस में निजी अस्पताल में भर्ती थी। सोमवार सुबह कमल के साथ अशोक भी उसे देखने अस्पताल आ रहे थे। बाइक साथी चला रहा थाबाइक कमल चला रहा था जबकि अशोक पीछे बैठे थे। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, जय गुरुदेव आश्रम बाईपास के पास पीछे से तेज रफ्तार रोडवेज बस आई और बाइक में टक्कर मार दी। इससे बाइक असंतुलित हो गई और कमलेश बांयी ओर जबकि अशोक दाहिनी ओर गिर पड़े। तभी बस ने उन्हें चपेट में ले लिया और कुचलते हुए निकल गई। आसपास के लोग दौड़े लेकिन अशोक की मौके पर ही मौत हो गई। सूचना पर पुलिस पहुंची और कमल को अस्पताल भेजवाया। विधायक के ताऊ के बेटेजानकारी पर परिवारवाले भी आ गए। बड़े भाई काशीराम ने बताया कि अशोक के परिवार में पत्नी सुशीला व दो बेटे सचिन, नीरज और बेटी वर्षा हैं। उधर घटना की जानकारी मिलने पर विधायक आरके वर्मा भी आ गए। परिवारवालों ने बताया कि अशोक विधायक आरके वर्मा के ताऊ के बेटे थे। पोस्टमार्टम के बाद देर शाम शव प्रतापगढ़ ले जाया गया और फिर अंतिम संस्कार हुआ। देर रात तक बस चालक का सुराग नहींपुलिस देर रात तक बस चालक का सुराग नहीं हासिल कर पाई थी। फाफामऊ थानाध्यक्ष अश्वनी कुमार सिंह ने बताया कि सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगाले जा रहे हैं।
जोधपुर में तेज स्पीड में डंपर ड्राइवर ने बाइक सवार को कुचल दिया। इससे बाइक सवार कमलेश की मौके पर मौत हो गई। घटना के बाद आक्रोशित लोगों ने रास्ता जाम कर विरोध जताया। लोगों ने टायर जलाकर प्रदर्शन किया। सूचना मिलने के बाद मौके पर पहुंची पुलिस ने समझाइश कर रास्ता खुलवाया। यह हादसा विवेक विहार थाना क्षेत्र के सालावास रेलवे फाटक के पास हुआ। डंपर ड्राइवर हुआ फरार जानकारी के मुताबिक- बाइक पर कमलेश सालावास रेलवे स्टेशन की रोड पर जा रहा था। इसी दौरान एक डंपर ने उसे चपेट में ले लिया। बाद में डंपर ड्राइवर मौके से फरार हो गया। इधर हादसे में गंभीर घायल होने से उसकी मौके पर ही मौत हो गई। बाद में आक्रोशित लोगों ने कार्रवाई की मांग को लेकर विरोध प्रदर्शन करना शुरू कर दिया। बाद में मृतक की बॉडी को उप जिला अस्पताल सालावास रखवाया गया। जहां पोस्टमॉर्टम करवाया गया। वहीं मृतक के चचेरे भाई की ओर से थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई गई है। इधर पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज से डंपर का पता लगाकर थाने में खड़ा करवाया। बता दें कि सालावास, लूणी, मोगड़ा क्षेत्र में तेज स्पीड में चलने वाले डंपरों का आतंक है। पहले भी इन डंपरों की वजह से कई बड़े हादसे हो चुके हैं, लेकिन पुलिस और प्रशासन कार्रवाई नहीं कर रहे।
देवास के बालगढ़ रोड क्षेत्र में सोमवार को झोपड़ियों में अचानक आग लग गई। आग की सूचना मिलते ही नगर निगम की फायर ब्रिगेड मौके पर पहुंची और कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया गया। जानकारी के अनुसार, आग की शुरुआत पास के खेत से हुई, जो तेज हवा के कारण फैलते हुए झोपड़ियों तक पहुंच गई और देखते ही देखते विकराल हो गई। आग तेजी से फैलते हुए आसपास की दो से तीन झोपड़ियों तक पहुंच गई, जिनमें से एक झोपड़ी पूरी तरह जलकर खाक हो गई। मवेशियों को समय रहते सुरक्षित बचाया गया स्थानीय लोगों की सूझबूझ से झोपड़ी में बंधे मवेशियों को समय रहते बाहर निकाल लिया गया, जिससे बड़ा नुकसान टल गया। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, यदि आग पर समय रहते काबू नहीं पाया जाता तो पास की सात से आठ गुमटियां भी इसकी चपेट में आ सकती थीं। फिलहाल पुलिस और प्रशासन आग लगने के कारणों की जांच कर रहे हैं। प्रारंभिक रूप से आग खेत से फैलने की आशंका जताई जा रही है।
सलूंबर के झल्लारा बुड़ेल गांव के झाला फला में एक महिला का शव खेत में आम के पेड़ से चुनरी के फंदे से लटका मिला। घटना के समय महिला के देवर की बारात वापस लौटी थी और घर में नई बहू के स्वागत की तैयारियां चल रही थी। ग्रामीणों ने खेत में पेड़ से लटकता शव देखकर पुलिस को सूचना दी। मौके पर पहुंची पुलिस टीम ने ग्रामीणों की मदद से शव को नीचे उतारा। देवर की शादी थीभबराना पुलिस चौकी प्रभारी पूंजी लाल मीणा ने बताया- महिला के देवर की शादी थी। सुबह परिवार के सभी सदस्य बारात लेकर गए थे। महिला का पति भी अहमदाबाद से शादी में शामिल होने आया था और बारात के साथ गया हुआ था, जिससे महिला घर पर अकेली थी। 500 मीटर दूर खेत में मिला शवबारात लौटने के बाद घर में नववधू के स्वागत की तैयारियां चल रही थीं। इसी दौरान सूचना मिली कि महिला का शव 500 मीटर दूर आम के पेड़ पर लटका हुआ है। इस खबर से शादी का माहौल गमगीन हो गया। तीन साल पहले हुई थी शादीबताया गया है कि महिला की शादी लगभग तीन साल पहले हुई थी और दंपती की कोई संतान नहीं थी। घटना के कारणों का अभी तक खुलासा नहीं हो पाया है। सूचना मिलने पर भबराना पुलिस चौकी और झल्लारा थाना पुलिस मौके पर पहुंची। थानाधिकारी सीआई जय किशन फुलवारिया ने घटनास्थल का जायजा लिया। पुलिस ने बताया- महिला का पीहर पक्ष को घटना की सूचना दे दी गई है। पीहर पक्ष के लोगों के मौके पर नहीं पहुंचने के कारण पोस्टमार्टम की प्रक्रिया शुरू नहीं हो पाई। पुलिस के अनुसार, प्रथम दृष्टया यह मामला आत्महत्या का प्रतीत हो रहा है, लेकिन वास्तविक कारणों की जांच की जा रही है। इनपुट- नाथू लाल सालवी, झल्लारा
साहब बेटा-बहू खाना नहीं देते है, मारपीट करते है। घर से निकालने की बात कहते है। इस प्रकार की कुछ शिकायत सोमवार को रतलाम पुलिस कंट्रोल रुम में बुजुर्गों ने एसपी अमित कुमार को बताई। एसपी ने तुरंत कार्रवाई करते हुए 6 प्रकरणों में जीरो पर कायमी कर जांच के आदेश दिए। रतलाम पुलिस द्वारा सीनियर सिटीजन की शिकायतों के लिए शिकायत निवारण शिविर लगाया। शिविर में उन शिकायतों को शामिल किया गया जिनमें माता-पिता के साथ बेटे-बहू व अन्य द्वारा विवाद किया जाता है। ऐसी करीब 25 शिकायतें पुलिस के पास आई थी। बुजुर्गों के परिजनों को बुलाकर समझाइश दीशिकायतों के निराकरण को लेकर जो बुजुर्गों से एसपी अमित कुमार और एएसपी विवेक कुमार लाल ने एक-एक की समस्या सुनी। संबंधित परिजनों को मौके पर बुलाया। समझाइश दी। अगर आगे से बुजुर्ग को घर में परेशान किया जाता है तो कड़ी कार्रवाई की चेतावनी भी दी गई। 6 प्रकरणों में केस दर्ज शिविर में कुल 17 शिकायतें प्राप्त हुई। जिनमें पारिवारिक विवाद, संपत्ति संबंधी समस्याएं एवं देखभाल से जुड़े मुद्दे प्रमुख थे। इनमें से 6 शिकायतें बुजुर्गों के साथ मारपीट करने की मिली। एसपी ने तुरंत संज्ञान लेते हुए मौके पर ही शून्य पर तत्काल एफआईआर दर्ज कराते हुए जांच के आदेश दिए। असल कायमी के लिए थाना पिपलौदा, थाना औद्योगिक क्षेत्र जावरा, थाना डीडी नगर, थाना ताल एवं थाना आलोट पर भेजी गई। 4 प्रकरणों का ऑन द स्पॉट निराकरण किया। जबकि शेष शिकायतों पर जांच एवं समुचित निराकरण की प्रक्रिया प्रारंभ की। घर जाकर पूछी समस्या थाना बड़ावदा क्षेत्र के एक प्रकरण में वृद्धजन रतलाम पहुंचने में असमर्थ थे तो ट्रेनी आईपीएस वैभव प्रिय द्वारा संबंधित के घर पर जाकर समस्या सुनी। समस्या के संबंध में परिजन से चर्चा कर मौके पर ही निराकरण किया। एएसपी विवेक कुमार लाल ने बताया कि जो बुजुर्ग आने में सक्षम नहीं थे उनके घर जाकर थाना वार पुलिस ने समस्या सुनी और निराकरण किया है। इस दौरान रक्षित निरीक्षक मोहन भर्रावत, टीआई शंकर सिंह चौहान, पार्वती गौड़, सब इंस्पेक्टर वीडी जोशी समेत अन्य पुलिस अधिकारी मौजूद रहे। वरिष्ठजनों की सुरक्षा हमारा दायित्व एसपी अमित कुमार ने बताया रतलाम पुलिस द्वारा इस प्रकार के शिविरों के माध्यम से वरिष्ठ नागरिकों को एक सुलभ मंच प्रदान किया जा रहा है। जहां वे अपनी समस्याएं सीधे पुलिस के समक्ष रख सकेंगे। इस पहल से न केवल वरिष्ठजनों को राहत मिलेगी। बल्कि समाज में उनके प्रति सुरक्षा एवं सम्मान की भावना भी आएगी। वरिष्ठजनों की सुरक्षा करना हमारा दायित्व है। जाने किस थाने पर कितनी शिकायत आई
मध्य प्रदेश में 27% ओबीसी आरक्षण मामले को लेकर आज हाईकोर्ट में सुनवाई हुई। जिसमें दायर की गई 86 याचिकाओं पर सुनवाई करते हुए कोर्ट ने फाइनल हियरिंग के लिए दो बैच में याचिकाओं को बांट दिया है। 27 प्रतिशत आरक्षण को लेकर पक्ष और विपक्ष में याचिकाओं के लिए दो बैच बनाए गए हैं। हाईकोर्ट पहले 27% आरक्षण को चुनौती देने वालों की ओर से सुनवाई करेगी। इसके बाद फिर दूसरे बैच को सुना जाएगा। मंगलवार को 11:00 बजे से 1:30 तक के बीच ओबीसी आरक्षण से संबंधित मामले की सुनवाई के लिए समय तय किया गया है। आरक्षण बढ़ाने के खिलाफ में सीनियर एडवोकेट प्रदीप सचिन सचेंती जिरह करेंगे, जबकि राज्य सरकार की ओर से असिस्टेंट सॉलिसिटर जनरल के एम नटराज पक्ष रखेंगे। सोमवार को मध्यप्रदेश उच्च न्यायालय जबलपुर में मुख्य न्यायाधीश की खंडपीठ में ओबीसी आरक्षण से संबंधित 86 याचिकाएं सूचीबद्ध थी, उक्त याचिकाओं की सुनवाई हाईकोर्ट द्वारा पूर्व में दोपहर 12:30 से सुनवाई करने का आदेश पारित किया गया था, लेकिन आज दो डिवीजन बैंचो के अवकाश पर होने के कारण ओबीसी आरक्षण के प्रकरणों की सुनवाई 12:30 बजे से नहीं हो सकी, और प्रकरणों की सुनवाई शाम 4:35 से 5:10 तक मुख्य न्यायमूर्ति संजीव सचदेवा एवं माननीय न्यायमूर्ति विनय सराफ की खंडपीठ द्वारा की गई। सुनवाई में खंडपीठ द्वारा सभी पक्षों के अधिवक्ताओं से कितने समय बहस में कंज्यूम किए जाएंगे की अंडरटेकिंग ली गई, आज हाई कोर्ट ने निर्धारित किया की सर्वप्रथम ओबीसी आरक्षण के विरुद्ध दायर याचिका कर्ताओ के अधिवक्ताओं को सुना जाएगा। तत्पश्चात मध्य प्रदेश शासन को इसके बाद ओबीसी पक्ष में दायर याचिकाओं मे अधिवक्ता को सुना जाएगा।ओबीसी आरक्षण के पक्ष में दायर याचिकाओं मे याचिका कर्ताओं की ओर से अधिवक्ता वरुण ठाकुर,शशांक रतनू, दिव्य वीर सिंह, परमानंद साहू, उदय साहू, अखिलेश प्रजापति रमेश प्रजापति काजल विश्वकर्मा पुष्पेंद्र शाह ने पक्ष रखा। मध्य प्रदेश शासन की ओर से विशेष अधिवक्ता रामेश्वर सिंह ठाकुर विनायक प्रसाद शाह, शासन की ओर से महाधिवक्ता प्रशांत सिंह तथा ए.एस.ज़ी. के.एम नटराज तथा ओबीसी आरक्षण के विरोध में दायर याचिका कर्ताओं की ओर से आदित्य संगी, अंशुमान सिंह, सुप्रीम कोर्ट के वरिष्ठ अधिवक्ता अमन लेखी एवं प्रदीप सांचेती ने रखा।
सलूंबर के परसाद में 4 क्लिनिक सील:संयुक्त टीम ने की छापेमारी, नोटिस चिपकाएं
सलूंबर जिले के परसाद क्षेत्र में प्रशासन ने अवैध चिकित्सा गतिविधियों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। जिला कलेक्टर के निर्देश पर चिकित्सा विभाग, औषधि नियंत्रण और पुलिस की संयुक्त टीम ने छापेमारी कर चार अवैध क्लिनिकों को सील कर दिया। छापेमारी के दौरान टीम को सभी संदिग्ध क्लिनिक बंद मिले। अधिकारियों ने मौके पर पहुंचकर इन क्लिनिकों को सील किया और चेतावनी नोटिस चस्पा किए। इन क्लिनिकों को किया सील प्रशासन ने जिन क्लिनिकों पर कार्रवाई की है, उनमें न्यू मेवाड़ मेडिकल स्टोर (बस स्टैंड परसाद), संजीवनी क्लिनिक, तनेश्वर मेडिकल और गुजरात क्लिनिक शामिल हैं। इन सभी को अवैध संचालन के आरोप में सील किया गया है। इस कार्रवाई में खंड मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. सुरेश मण्डावरीया, चिकित्सा अधिकारी प्रभारी डॉ. महेन्द्र डामोर, जिला औषधि नियंत्रण अधिकारी कुलदीप सिंह यदुवंशी, थाना अधिकारी नरेश कुमार मीणा और नर्सिंग ऑफिसर फुलचन्द मीणा शामिल थे।
शिवपुरी के देहात थाना क्षेत्र स्थित इमामबाड़ा इलाके में सोमवार को एक घर में शॉर्ट सर्किट के कारण आग लग गई। आग की इस घटना में घर का हजारों रुपए का सामान जलकर खाक हो गया, हालांकि किसी तरह की जनहानि नहीं हुई। जानकारी के अनुसार, पुरानी शिवपुरी निवासी मोहन शाक्य के घर में शॉर्ट सर्किट के कारण आग लगी। आग इतनी तेजी से फैली कि कमरे की टीन शेड की छत भी नीचे गिर गई। फायर ब्रिगेड ने तीन गाड़ियों से पाया काबू घटना की सूचना मिलते ही देहात थाना पुलिस और फायर ब्रिगेड की टीम मौके पर पहुंची। दमकल की तीन गाड़ियों ने कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। आगजनी में घर का पूरा गृहस्थी सामान, जिसमें कपड़े, टीवी, कूलर और अन्य घरेलू वस्तुएं शामिल थीं, जलकर राख हो गया। परिवार को हजारों रुपए का नुकसान हुआ है। आग पर पूरी तरह काबू पा लिया गया है और राहत की बात यह रही कि इस घटना में कोई भी व्यक्ति घायल या हताहत नहीं हुआ।
पीथमपुर में खेत में युवक शव मिला:लाश 3 से 4 दिन पुरानी होने से पहचान नहीं हो पाई
पीथमपुर के ग्राम कुंजरोद में सोमवार, 27 अप्रैल 2026 को एक युवक का शव मिला। शव गुलाब पटेल के खेत के पास पड़ा हुआ मिला, जिसकी सूचना ग्रामीणों ने तुरंत पुलिस को दी। शव को देखने से लग रहा है कि मृतक की उम्र करीब 30 से 35 साल के बीच रही होगी। शव लगभग 3-4 दिन पुराना होने की वजह से काफी खराब स्थिति में था, जिससे उसकी पहचान करना कठिन हो गया है। पुलिस और फॉरेंसिक टीम ने की जांच घटना की जानकारी मिलते ही पीथमपुर सीएसपी रवि सोनेर पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। साक्ष्य इकट्ठा करने के लिए फॉरेंसिक टीम (FSL) को भी बुलाया गया, जिसने बारीकी से जांच की। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र भेज दिया है। हत्या के एंगल से भी जांच शुरू सागौर थाना प्रभारी प्रकाश सरोदे ने बताया कि पुलिस की पहली प्राथमिकता मृतक की पहचान करना है। शव की हालत को देखते हुए पुलिस हत्या की आशंका से भी इनकार नहीं कर रही है। मौत की असली वजह पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही पता चलेगी। फिलहाल, पुलिस आसपास के थानों में दर्ज गुमशुदगी की शिकायतों की जांच कर रही है ताकि मृतक का पता लगाया जा सके।
बरेली के विभिन्न क्षेत्रों में गहराते बिजली संकट को लेकर समाजवादी पार्टी के नेताओं ने मोर्चा खोल दिया। सपा नेताओं का एक शिष्टमंडल अधीक्षण अभियंता धर्मेंद्र सिंह से मिला और शहर की चरमराती विद्युत व्यवस्था पर गहरा रोष प्रकट किया। नेताओं ने दो-टूक शब्दों में कहा कि भीषण गर्मी में अघोषित कटौती ने आम जनता का जीना मुहाल कर दिया है। फाइक एन्क्लेव और किंग्स एवेन्यू में अंधेरा, ज्ञापन सौंपकर गिनाईं समस्याएंशिष्टमंडल ने अधीक्षण अभियंता को सौंपे ज्ञापन में विशेष रूप से फाईक इंक्लेव कॉलोनी, किंग्स एवेन्यू और जेएचएम कॉलोनी का मुद्दा उठाया। नेताओं ने बताया कि इन इलाकों में पिछले कई दिनों से 20-20 घंटे की अघोषित कटौती की जा रही है। शहर के अन्य क्षेत्रों में भी बिजली की आवाजाही का कोई निश्चित समय नहीं है, जिससे छात्रों की पढ़ाई और व्यापारियों का काम प्रभावित हो रहा है। नए ट्रांसफार्मर लगाने की मांग, ओवरलोडिंग से मिल सकती है राहतसपा नेताओं ने तकनीकी सुधारों पर जोर देते हुए मांग की कि प्रभावित कॉलोनियों में तत्काल नए और उच्च क्षमता के ट्रांसफार्मर लगाए जाएं। उनका तर्क था कि आबादी बढ़ने के कारण पुराने ट्रांसफार्मरों पर लोड बढ़ गया है, जिससे वे आए दिन फुंक रहे हैं। लोड बंटने से ही क्षेत्र की जनता को ट्रिपिंग और लो-वोल्टेज की समस्या से निजात मिल सकेगी। अधीक्षण अभियंता ने दिया आश्वासन, शिष्टमंडल में ये नेता रहे शामिलसमाजवादी पार्टी के तीखे तेवरों को देखते हुए अधीक्षण अभियंता धर्मेंद्र सिंह ने मामले की गंभीरता को स्वीकार किया। उन्होंने शिष्टमंडल को भरोसा दिलाया कि कटौती की समस्याओं की जांच कराई जाएगी और जल्द ही बिजली आपूर्ति सुचारु करने के लिए कदम उठाए जाएंगे। इस दौरान मुख्य रूप से संजीव कुमार सक्सेना, ठाकुर प्रमोद सिंह बिष्ट, हैदर अली, मोहम्मद नासिर, शारिक खान, जावेद बंटी और विक्की सहित कई अन्य पदाधिकारी मौजूद रहे।
कामां थाना पुलिस ने आईपीएल मैचों पर सट्टा लगाने वाले एक गिरोह का भंडाफोड़ किया है। पुलिस ने मौके से तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से 1.29 लाख रुपए नकद और मोबाइल फोन जब्त किए हैं। कामां थाना पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली थी कि केदारनाथ मंदिर के पास, बृज 84 कोस परिक्रमा मार्ग पर एक कोठरी में कुछ लोग संगठित होकर आईपीएल मैचों पर सट्टेबाजी कर रहे हैं। इस सूचना पर उप-निरीक्षक दामोदर के नेतृत्व में एक विशेष टीम ने मौके पर घेराबंदी की। पुलिस ने मौके से इस्ताक (32) पुत्र फजरूद्दीन, सुनील कुमार (34) पुत्र कल्लाराम और रामवीर (32) पुत्र घीसाराम को गिरफ्तार किया। ये तीनों आरोपी कामां के ग्राम विलोंद के निवासी बताए जा रहे हैं। आरोपियों के कब्जे से 1 लाख 29 हजार रुपए की नकद सट्टा राशि, 4 एंड्रॉइड मोबाइल, 2 नोटबुक और 2 पेन बरामद किए गए हैं। बरामद नोटबुक्स में लाखों रुपये के सट्टे का हिसाब-किताब लिखा हुआ मिला है, जो सट्टेबाजी के प्रमाण के रूप में है। कामां थाना पुलिस ने गिरफ्तार आरोपियों के खिलाफ संबंधित धाराओं में प्रकरण दर्ज कर आगे की जांच शुरू कर दी है। लापता युवती के परिजनों ने एसपी की तलाश की मांग कुम्हेर जिले में एक युवती संदिग्ध परिस्थितियों में लापता हो गई है। परिजनों ने इस मामले में डीग के जिला पुलिस अधीक्षक (एसपी) से मुलाकात कर तत्काल कार्रवाई की मांग की है।परिजनों के अनुसार यह घटना 19-20 अप्रैल 2026 की रात को हुई। उनकी बेटी अचानक घर से गायब हो गई। सुबह जब वह घर में नहीं मिली, तो परिजनों ने उसकी तलाश आसपास और रिश्तेदारों में की, लेकिन उसका कोई सुराग नहीं मिल पाया।परिजनों ने आरोप लगाया है कि कुछ लोगों ने उनकी बेटी को बहला-फुसलाकर अगवा कर लिया है। उन्होंने पुलिस को कुछ संदिग्ध व्यक्तियों के नाम भी बताए हैं। परिजनों ने आशंका जताई है कि युवती को किसी वाहन से ले जाया गया होगा।युवती के पिता ने 21 अप्रैल 2026 को कुम्हेर थाने में गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। हालांकि, कई दिन बीत जाने के बाद भी कोई ठोस जानकारी नहीं मिलने पर परिजन डीग स्थित जिला पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुंचे और उनसे मुलाकात कर कार्रवाई की मांग की।
आगरा में तीन दिवसीय होमगार्ड भर्ती परीक्षा सोमवार को संपन्न हो गई। तीन दिन में 17 हजार अभ्यार्थी अनुपस्थित रहे। फर्जी प्रवेश पत्र से परीक्षा देने आए एक अभ्यर्थी को पकड़ा गया। शहर के 28 केंद्रों पर तीन दिन में होमगार्ड भर्ती परीक्षा के लिए 75 हजार परीक्षार्थी को शामिल होना था। सोमवार को परीक्षा का समापन हो गया। इसमें 75168 में से 57998 अभ्यर्थी परीक्षा में उपस्थित रहे। डीसीपी सिटी सय्यद अली अब्बास ने बताया कि सभी परीक्षा केंद्रों पर शांतिपूर्वक परीक्षा संपन्न हो गई। पहले दिन एक अभ्यर्थी पकड़ा गया था। सोमवार को शहर के 28 परीक्षा केंद्रों पर कड़ी सुरक्षा में परीक्षा हुई। सुबह 9 बजे से अभ्यर्थियों की एंट्री शुरू हुई। प्रशासन ने पूरे शहर में सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए हैं और हर स्तर पर निगरानी रखी। परीक्षा को शांतिपूर्ण और नकलविहीन कराने के लिए 900 पुलिसकर्मियों की तैनाती की गई है। हर केंद्र पर 10 से 15 पुलिसकर्मी मौजूद रहे। सभी केंद्रों पर अलग-अलग इंस्पेक्टर प्रभारी बनाए गए हैं, जो लगातार व्यवस्था पर नजर बनाए हुए हैं। अभ्यर्थियों को प्रवेश से पहले सख्त चेकिंग से गुजरना पड़ा। गेट पर मोबाइल और बैग जमा कराए गए, जूते उतरवाकर जांच की गई। इसके बाद बायोमेट्रिक और रेटिना स्कैन के जरिए पहचान सत्यापित की गई, जिसके बाद ही परीक्षा कक्ष में प्रवेश दिया गया।
5 सेकंड में लॉक खोलकर बाइक ले उड़े चोर:शादी में आया था युवक, मैरिज गार्डन के बाहर से गाड़ी चोरी
छतरपुर जिले के हरपालपुर नगर में एक मैरिज गार्डन के बाहर से रविवार देर रात मोटरसाइकिल चोरी हो गई। यह घटना लहचूरा रोड स्थित मैरिज हाउस के बाहर हुई, जहां शादी समारोह में शामिल होने आए एक युवक की बाइक महज दो मिनट में चोरी कर ली गई। चोरी की पूरी वारदात सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गई है, लेकिन पुलिस ने अब तक मामला दर्ज नहीं किया है। रात करीब 1 बजे की घटनापीड़ित रामकुमार पाल (पिता हरिश्चंद्र पाल) ने बताया कि वह शादी समारोह में शामिल होने मैरिज हाउस पहुंचे थे। उन्होंने अपनी मोटरसाइकिल बाहर खड़ी की और अंदर चले गए। रात करीब एक बजे जब वह वापस लौटे, तो उनकी बाइक मौके से गायब थी। रामकुमार ने आसपास काफी तलाश की, लेकिन बाइक का कोई सुराग नहीं मिला। इसके बाद उन्होंने तत्काल डायल 112 पर पुलिस को सूचना दी और थाने में आवेदन देकर घटना की जानकारी दी। पांच सेकंड में हैंडल लॉक खोलासीसीटीवी फुटेज खंगालने पर चोरी की पूरी घटना सामने आई। फुटेज में साफ दिख रहा है कि दो युवक एक बाइक पर सवार होकर आते हैं। उनमें से एक युवक पहले आसपास टहलता है और फिर मौका देखकर खड़ी बाइक के पास पहुंचता है। वह आसानी से हैंडल लॉक खोलता है, बाइक स्टार्ट करता है और तभी उसका साथी भी पास आ जाता है। इसके बाद दोनों युवक बाइक लेकर फरार हो जाते हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि क्षेत्र में लगातार चोरी की घटनाएं बढ़ रही हैं, जिससे लोगों में दहशत का माहौल है। वहीं, पुलिस की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठ रहे हैं, क्योंकि शिकायत के बाद भी अब तक मामला दर्ज नहीं किया गया है। पीड़ित ने जल्द से जल्द कार्रवाई कर बाइक बरामद करने और आरोपियों को पकड़ने की मांग की है। पुलिस का कहना है कि मामले की जांच की जा रही है, लेकिन औपचारिक एफआईआर दर्ज न होने से पीड़ित और स्थानीय लोगों में नाराजगी बनी हुई है। देखें तस्वीरें

