‘अमेरिका में जो इंडियन हैं, उनके पास बहुत पैसा है। पाकिस्तानी लड़के ने एक महीने में 95 लाख रुपए से ज्यादा कमीशन उठाया। उसने इंडियन कस्टमर को डिजिटल अरेस्ट कर 9.5 करोड़ की पेमेंट करवाई थी।’ सायबर स्कैम करने वाली इंडस्ट्री में लड़कों की भर्ती करने वाले एजेंट विक्की से हमारी मुलाकात कंबोडिया में हुई। सायबर स्कैम के जरिए भारत में हर दिन करीब 61 करोड़ रुपए और हर महीने 2 हजार करोड़ रुपए ठगे जा रहे हैं। कंबोडिया–मलेशिया जैसे देश इसका हब बन चुके हैं। कंबोडिया में किसी इंडस्ट्री की तरह सायबर स्कैम कंपनियां चल रही हैं, इसलिए हम पड़ताल करने वहां पहुंचे। ऑपरेशन स्कैम वर्ल्ड के पहले पार्ट में हमने बताया था कि कैसे भारत में लड़कों को सायबर स्कैम के लिए भर्ती किया जा रहा है। अब दूसरे और आखिरी पार्ट में पढ़िए और देखिए कंबोडिया पहुंचने के बाद लड़कों के साथ क्या होता है। स्टेप 1: पाकिस्तानी एजेंट से मुलाकात हम 15 जून को कंबोडिया की राजधानी नोम पेन्ह पहुंचे। विक्की से कॉन्टैक्ट कराने वाले पाकिस्तानी एजेंट लफी ने बताया था कि एयरपोर्ट पर पूछताछ होती है, लेकिन हमारी सेटिंग है। 200 से 250 डॉलर में हमारा बंदा इमिग्रेशन क्लियर करवा देता है। हालांकि, हम टूरिस्ट वीजा पर नोम पेन्ह पहुंचे थे। इमिग्रेशन में हमसे सिर्फ कंबोडिया आने की वजह पूछी गई। हमने बताया कि घूमने आए हैं। एयरपोर्ट से निकलते ही एजेंट विक्की को कॉल किया। उसने शाम 5 बजे मिलने को कहा। जिस जगह की लोकेशन भेजी, वो नोम पेन्ह इंटरनेशनल एयरपोर्ट के पास ट्रापेआंग रूमचेक एरिया की थी। यहां कई वेयरहाउस, लॉजिस्टिक कंपनियां, रेस्टोरेंट्स और अपार्टमेंट्स हैं। लोकेशन पर पहुंचने के बाद हमने विक्की को कॉल किया। कहा कि भाई कहां हो, नजर नहीं आ रहे। उसने कहा- ‘तुम जहां हों, वहां से आगे बढ़ो। मैं मेन रोड की तरफ आ रहा हूं।’ थोड़ा आगे बढ़ने पर ब्लैक शर्ट और कैप में एक लड़का दिखा। यही विक्की था। वो हमें अपने घर ले गया। अंदर जाते ही विक्की के साथ मौजूद लड़के ने गेट बंद कर दिया। फिर बातचीत शुरू हुई। पता चला कि विक्की पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर का रहने वाला है। उसने बताया ‘ये मेरा घर और ऑफिस दोनों है। स्कैम के लिए आने वाले लड़कों को पहले यहीं रुकवाते हैं। कुछ दिन लड़कों को यहां रखने के बाद स्कैम कंपाउंड भेजते हैं। अब भर्ती का तरीका बदल गया है। आजकल एजेंट सीधे अपनी लोकेशन पर नहीं बुलाते। आपको लफी भाई ने भेजा है, इसलिए बुला लिया।’ भारतीयों को फंसाने में ज्यादा पैसा, पाकिस्तानी लड़के ने एक महीने में 95 लाख कमाएविक्की को शक न हो, इसलिए हमने सीधे सवाल-जवाब नहीं किए। हमने कहा कि यहां रेस्टोरेंट खोलना चाहते हैं। आप बताओ कहां खोल सकते हैं। रेस्टोरेंट के ऊपर ही कमरे बना देंगे, भारत से आने वाले लड़कों को उसी में रुकवाएंगे। इससे किसी को शक भी नहीं होगा। विक्की बोला, ‘जमीन मिल जाएगी, कोई दिक्कत नहीं। मैं वीजा के साथ कानूनी मदद भी करता हूं। अगर किसी लड़के को जेल हो जाए, तो मेरे पास वकीलों का ग्रुप है। मुझे पुलिस रेड की खबर पहले मिल जाती है। कई बार लड़कों को ऐसे निकाला कि एक दरवाजे से पुलिस आ रही है और दूसरे से उन्हें बाहर कर दिया। विक्की ने आगे बताया, ‘अगर कोई खुद स्कैम ऑपरेशन चलाना चाहे, तो उसके लिए भी जगह दिलवा सकते हैं। सिक्योरिटी भी प्रोवाइड कराता हूं। पुलिस नंबर वाली गाड़ियां भी दी हैं।’ सैलरी के बारे में पूछने पर बोला, ‘लड़कों की शुरुआती सैलरी 75 हजार से 1 लाख रुपए तक जाती है। काम के हिसाब से कमीशन मिलता है। रहने के लिए एसी रूम और तीन वक्त का खाना मिलता है। लड़के को आने के बाद पूरा काम समझाते हैं’ बातचीत के आखिर में उसने कहा, ‘‘कंबोडिया में भारत के सिम कार्ड की बहुत डिमांड है। अगर कोई कंबोडिया पहुंचा दे, तो बहुत मुनाफा है। भारत से आने वाले लोग हजारों सिम लेकर आते हैं। इंडियन कॉलिंग में भी कमाई है। अगर अरेंज हो सकें, तो भेजना। खूब कमाओगे।’ स्टेप 2: स्कैम कंपाउंड में ट्रांसफरविक्की से मुलाकात के बाद हम सायबर स्कैम कंपाउंड तक पहुंचना चाहते थे। इन स्कैम कंपाउंड में फंस चुके रोहित ने बताया था कि नोम पेन्ह से 60 किमी दूरी पर चेरिथॉम नाम की जगह है, जहां कई कंपाउंड बने हुए हैं। कंबोडिया के कंदाल प्रांत में बसी इस जगह पर पहुंचे तो सैकड़ों सफेद रंग की बहुमंजिला इमारतें नजर आईं। ये जगह वियतनाम बॉर्डर से महज 3 किमी दूर है। सभी बिल्डिंगों के बाहर ऊंची-ऊंची दीवारें थीं। दीवारों के ऊपर कंटीले तार थे। सीसीटीवी लगे थे। बड़े-बड़े लोहे के गेट थे। कुछ कंपाउंड में ताला लगा था, कुछ के बाहर सिक्योरिटी गार्ड खड़े थे। मैं नोम पेन्ह के अपने साथी पोंग वांथा के साथ यहां पहुंचा था। उसने कहा कि, गाड़ी से बाहर मत निकलना, यहां सब स्कैमर घूमते रहते हैं। पोंग ने बताया कि, यहां कुल कितने कंपाउंड है, इसका आंकड़ा तो किसी को नहीं पता, लेकिन ज्यादातर बिल्डिंगों में सायबर स्कैम कंपनियां ही चल रहीं थीं। कुछ अब भी चोरी-छिपे चल रही हैं, कुछ ने लोकेशन बदली है। पूरा एरिया सूना था। छिपते-छिपाते हमने बिल्डिंगों के शॉट लिए। फिर एक बिल्डिंग के पीछे बनी झुग्गी के पास पहुंचे। वहां मिले लोगों ने बताया कि थोड़े दिन पहले तक स्कैम कंपाउंड में रहने वाले लड़के यहां चाय-पानी के लिए आते थे, लेकिन पुलिस की रेड हुई तो अब बहुत सारे भाग गए। भीड़ आना कम हो गई। मैंने पूछा, ये इमारतें कब बनीं हैं? जवाब मिला-सब पिछले चार-पांच साल में खड़ी हुई हैं। चाइनीज लोगों ने बनाई हैं। पहले कुछ भी नहीं था। अब खेतों के बीच में कंपाउंड, सड़कें, बिजली सब हो गया। कंपाउंड में आने के बाद बाहर जाना मुश्किल, यहीं ऑफिस, मेस और हॉस्टल स्कैम कंपाउंड तक पहुंचाने का जरिया बने रोहित को इन्हीं में से एक कंपाउंड में रखा गया था। जिन लड़कों को सायबर स्कैम के लिए कंबोडिया लाया जाता है, उन्हें एयरपोर्ट से सीधे गाड़ियों में कंपाउंड के अंदर लाते हैं। फिर जांच–पड़ताल होती है। पासपोर्ट छीन लिए जाते हैं। घरवालों से बात करने के लिए सिर्फ एक बार मोबाइल मिलता है, लेकिन वीडियो कॉल नहीं कर सकते। एक कमरे में 6 से 10 लड़कों को रखते हैं। किसी हॉस्टल की तरह यहां बंक बैड बने होते हैं। सभी लड़कों को 24 घंटे सीसीटीवी की निगरानी में रखा जाता है। जिन लड़कों पर भरोसा हो जाता है, उन्हें कंपनी कुछ देर के लिए कंपाउंड के बाहर जाने की परमिशन भी देती है। रोहित से हमें इसी एरिया में रेस्टोरेंट चलाने वाले जाहिद का नंबर मिला। कॉल किया तो उसने बताया- ‘भाईजान अब सख्ती के चलते वहां सब बंद हो गया है। मैं भी नोम पेन्ह में हूं। लड़कों को दूसरे देश भेज रहे। जैसे सख्ती कम होगी, फिर सब शुरू हो जाएगा।’ स्टेप 3: स्कैम कंपाउंड का वर्क कल्चर, सैलरी और कमीशन इन स्कैम कंपाउंड में पहुंचने के बाद एक हफ्ते तक काम सिखाया जाता है। रोहित और उसके साथियों को कंप्यूटर पर काम, मैसेजिंग ऐप का इस्तेमाल, अंग्रेजी में बातचीत और पहले से तैयार स्क्रिप्ट के मुताबिक लोगों से बात करने की ट्रेनिंग दी गई। चेरिथॉम में स्कैम कंपाउंड को देखने के बाद मैं नोम पेन्ह में रिवर साइड एरिया पहुंचा। इस इलाके को स्कैमर्स का अड्डा कहा जाता है। भारत, बांग्लादेश, नेपाल, वियतनाम सहित तमाम देशों के लड़के यहां मिले। इन्हीं में से एक बांग्लादेशी लड़के ने बंद कैमरे पर बात की। बोला– ‘कंपनी ने कंबोडिया के शहर सीएम रीप बुलाया था क्योंकि यहां के एयरपोर्ट पर उनकी सेटिंग थी। वहां से नोम पेन्ह आ गए। 20 दिन होटल में फंसे रहे क्योंकि कंपनी ने नौकरी के बदले 6 लाख मांगे थे। मैंने सिर्फ डेढ़ लाख दिए थे। एजेंट ने कहा- बाकी साढ़े चार लाख रुपए मिलने पर ही कंपनी आ सकोगे। फिर रकम बढ़ाकर 8 लाख कर दी। परिवार ने कर्ज लेकर पैसे भेजे।‘ ‘तब एजेंट ने गोल्डन कैसीनो कंपनी में भेजा। पहले 7 दिन ट्रेनिंग हुई। रोज 12 घंटे बैठाए रखते और कस्टमर से बात करना सिखाते। दोपहर में ज्यादातर चाइनीज खाना मिलता, जो खाया नहीं जाता। अच्छे से काम ना करने वाले से 20 घंटे तक काम करवाया जाता। कई बार 12 घंटे खड़े रहकर काम करना पड़ता।‘ टारगेट पूरा न होने पर कैद किया, करंट दिया और मारपीट कीलड़का आगे बोला, ‘मुझे बहुत टॉर्चर किया। टारगेट पूरा न होने पर पहले खाना बंद किया। फिर छोटे से कमरे में बंद कर दिया। न वॉशरूम जा सकता था, न कुछ खाने को मिलता। एक दिन मैनेजर के सामने बहुत रोया, तो टीम लीडर ने मुझे करंट लगाया और बहुत मारा। एक हफ्ते बाद मैनेजर ने मेरे एजेंट को बुलाकर मुझे बाहर निकलवा दिया।‘ ‘कर्ज ज्यादा था और वापस आने का पैसा नहीं था, इसलिए दूसरी कंपनी में चला गया। वहां महीने का दो से तीन हजार डॉलर तक कमा रहा था, लेकिन 24 अप्रैल को कंपनी बंद हो गई। हमारे चाइनीज बॉस को अरेस्ट कर लिया। सब लड़के भाग गए। हमें म्यांमार-मलेशिया जाने का कहा गया। कुछ अफ्रीकन देशों में भी गए हैं। कुछ पर कंपनी ने इतना प्रेशर डाला कि उन्होंने सुसाइड कर लिया। उनमें से दो की लाशें समुद्र में फेंक दीं। एजेंट भी भाग गए।‘ सख्ती के बाद कंबोडिया से म्यांमार-मलेशिया जा रहीं स्कैम कंपनियां पाकिस्तानी एजेंट लफी, स्कैम कंपनी के HR डिपार्टमेंट में काम करने वाले मैनुअल, कंबोडिया में मिले एजेंट विक्की और स्कैम कंपनी में काम कर चुके लड़कों से बातचीत से पता चला कि, कंपनियां कंबोडिया से मलेशिया, म्यांमार, तुर्कमेनिस्तान और श्रीलंका जैसे देशों में जा रही हैं। इन्हीं लड़कों के जरिए हमें कुआलालंपुर में भर्ती करने वाले एजेंट की लिंक मिली। जिस लड़के से नंबर मिला था, उसी के रेफरेंस से एजेंट से बात की। उसे बताया कि मैं एजेंट हूं, इंडिया से लड़कों को स्कैम कंपाउंड भेजना चाहता हूं। उसने पहले कुआलालंपुर में मिलने की बात कही लेकिन वहां पहुंचने पर मिलने से इनकार कर दिया। बोला- ‘बिना मिले ही सारा काम हो जाएगा। कुआलालंपुर के लिए ओपनिंग है। आप लड़कों के वीडियो भेजो, मैं इंटरव्यू करवाता हूं। जिन लड़कों की इंग्लिश अच्छी है, उन्हें प्रिफरेंस मिलेगा।‘ फिर एजेंट ने वॉट्सएप पर एक स्क्रिप्ट भेजी। इसमें लिखा था- ‘कॉल करके कैसे किसी व्यक्ति को झांसे में लेना है। पुलिस, ईडी या सीबीआई अधिकारी बनकर बात करनी है।’ एजेंट ने कहा कि जिन लड़कों को भेजना है, उनके वीडियो इस स्क्रिप्ट के हिसाब से रिकॉर्ड करके भेज दो। हमने एक लड़के का वीडियो भेजा, तो जवाब मिला- वीडियो ठीक है। लड़के का पासपोर्ट भेजो, इंटरव्यू करवाता हूं। एक हफ्ते में कुआलालंपुर बुला लेंगे। हमने कंपनी का एड्रेस मांगा और कहा एक बार देखना चाहते हैं। जवाब मिला- ‘चाइनीज कंपनी है, ऑफिस मेन सिटी में है, लेकिन एड्रेस नहीं दे सकता। मैं भी नहीं गया। लड़के के सिलेक्ट होने के बाद कंपनी के लोग सीधे एयरपोर्ट से ले जाएंगे।‘ अगले दिन उसने यूरोपियन और अमेरिकन मार्केट की ओपनिंग का मैसेज भेजा। बताया कि 800 डॉलर सैलरी मिलेगी। कुआलालंपुर से काम करना है, लेकिन जो स्कैम करना चाहते हैं, उन्हें ही लेकर आना। ये स्टोरी लिखे जाने तक लफी और मैनुअल हमारे कॉन्टैक्ट में हैं। मैनुअल लड़कों के पासपोर्ट मांग रहा है, लफी ने इंटरव्यू के लिए थोड़ा रुकने को कहा है। किराए के बंगले और अपार्टमेंट्स में चल रहीं स्कैम कंपनियां मलेशिया में जिन लोकेशन पर पुलिस की रेड में स्कैम कंपनियां पकड़ी गई हैं, हम वहां भी पहुंचे लेकिन ये नहीं पता चल सका कि कौन सी इमारतों में स्कैम कंपाउंड चलाए जा रहे हैं। पड़ताल में पता चला कि कुआलालंपुर के ओल्ड क्लांग रोड, कुचाई लामा और बंगसर इलाकों में कमर्शियल बिल्डिंग्स, किराए के बंगलों या अपार्टमेंट्स में सायबर स्कैम कंपनियां चल रही हैं। बाहर से देखने पर सब सामान्य लगता है, लेकिन हकीकत अलग है। श्रीलंका, फिलीपींस, म्यांमार, युगांडा जैसे देश नए ठिकाने बन रहेकंबोडिया के कई स्कैम कंपाउंड की जमीनी पड़ताल कर चुके ‘द आई विटनेस’ प्रोजेक्ट के ऑपरेशंस डायरेक्टर नाथन पॉल सदर्न कहते हैं, ‘इन कंपाउंड्स को इंटरनेशनल चाइनीज सिंडिकेट चला रहे हैं। उनके लोकल गवर्नमेंट से अच्छे रिलेशन होते हैं। पहले टेलीकॉलिंग या कस्टमर सर्विस की जॉब बताते हैं और 1200 डॉलर महीना मिलने की बात करते हैं। लोग लालच में फंस जाते हैं।‘ ‘स्कैम कंपाउंड में आने के बाद काम करना ही पड़ता है। न करने पर डार्क रूम में बंद कर मारपीट करते हैं। कंपाउंड के बाहर हथियारबंद सिक्योरिटी गार्ड होते हैं, इसलिए भाग पाना आसान नहीं होता। कंपनियां पासपोर्ट भी ले लेती हैं। लोगों के पास पैसे नहीं होते, ऐसे में कंपाउंड में ही काम करने लगते हैं।‘ वे कहते हैं, ‘इन स्कैम कंपाउंड्स की ऑपरेशनल कैपेसिटी और जिस स्केल पर ये काम कर रहे हैं, वो सब हैरान करने वाला है। एक देश में क्रैकडाउन होने पर दूसरे देश भाग जाते हैं। यही इनके काम का तरीका है।‘ कंबोडिया में ह्यूमन ट्रैफिकिंग पर सालों से काम कर रहे मार्क टेलर कहते हैं, ‘कंबोडिया सायबर क्राइम का डेस्टिनेशन बन चुका है। यहां गेम्बलिंग इंडस्ट्री से जुड़कर सायबर स्कैम करने वाली कंपनियां आई हैं। कई देशों के लोग यहां फंसे हैं।‘ ‘सख्ती के बाद ये श्रीलंका, फिलीपींस, म्यांमार, युगांडा और केन्या जैसे देशों में मूव कर रही हैं, लेकिन इसका मतलब ये नहीं है कि कंबोडिया में पूरी तरह से काम बंद हो चुका है। ये ऑर्गनाइज्ड नेटवर्क है। इस इंडस्ट्री को पूरी तरह खत्म करना आसान नहीं है।‘ साउथ-ईस्ट एशिया ही क्यों बना साइबर स्कैम का अड्डा? ……………………ऑपरेशन स्कैम वर्ल्ड का पहला पार्ट भी पढ़ें… एक लड़के पर 95 हजार कमीशन, काम भारतीयों को लूटना ‘लड़के भेज दो... एक लड़के पर 95 हजार रुपए तक कमीशन मिलेगा।’ ये ऑफर कंबोडिया में बैठे एक पाकिस्तानी एजेंट ने भास्कर रिपोर्टर को दिया। शर्त थी कि लड़के इंग्लिश बोलना जानते हो, बाकी काम कंपनी सिखा देगी। कंपनी का नाम नहीं है। वेबसाइट नहीं है। ऑफर लेटर नहीं है। इंटरव्यू टेलीग्राम पर होगा। जॉब दुनियाभर में लोगों को डिजिटल अरेस्ट करके ठगने की है। पढ़िए पूरी खबर…
ऊपर आपने जो तस्वीर देखी, उनका नाम है मिथुन चौहान। उम्र 29 साल। जो भी इन्हें पहली बार देखता है, डर जाता है। भूत कहता है या जानवर। दुर्लभ बीमारियों की सीरीज ‘ऐ जिंदगी’ के लिए इस बार इन्हीं की तलाश है। मैं नीरज झा इसी तलाश में पहुंचा पटना से करीब 150 किलोमीटर दूर नवादा जिले के नारदीगंज ब्लॉक। गांव का रास्ता पता नहीं है, सो मैं मोबाइल में मिथुन की तस्वीर दिखाकर लोगों से पूछता हूं- इस लड़के का गांव तिलकचक कहां है? जो मिथुन को नहीं जानता वो तस्वीर देखते ही डर जाता। कहता- ‘अरे भाई ये क्या है। इंसान तो नहीं लगता।’ जैसे-जैसे मैं गांव के करीब पहुंचता गया, लोग गांव से ज्यादा उसे पहचानने लगे। फोटो देखकर एक शख्स बोला- ‘अरे ये तो मिथुन है। दूर-दूर से लोग इसका वीडियो बनाने आते हैं।’ फिर हाथ से इशारा करते हुए कहते हैं-‘इसी रोड पर 5 किलोमीटर आगे चले जाइए, फिर किसी से भी पूछ लीजिएगा सब मिथुन का घर बता देंगे।’ इस तरह पूछते-पूछते मैं करीब आधे घंटे बाद मिथुन के गांव पहुंचा और फिर उसके घर। बाहर ही कुछ लोग बैठे हैं। इनमें से एक बजुर्ग महिला को तस्वीर दिखाकर पूछा- क्या यही है मिथुन का घर? वो देखते ही बोलीं- ‘अरे, ये मेरा बेटा मिथुन है।’ पूछने पर वो अपना नाम बचिया देवी बताती हैं। मैंने जैसे ही उन्हें अपने बारे में बताया, वो बोलीं- ‘पहले भी आप जैसे कई लोग आ चुके हैं। आप भी क्या ही करिएगा। बैठ जाइए यहीं, मिथुन थोड़ी देर में आता होगा।’ थोड़ी देर बाद, एक शख्स आता दिखा। वो मिथुन थे। करीब पहुंचते ही हंसते हुए बोला- ‘मुझे देखकर डर तो नहीं गए।’ मैंने पूछा- ‘फोटो में तो आपकी शक्ल काफी अलग है।’ वो बोले- ‘एकबार सर्जरी हुई थी, उसके बाद से चेहरा थोड़ा बदल गया है।’ मैंने जैसे ही कैमरा निकाला, मिथुन की मां बोलीं- 'अब ई सबसे कुछ होने वाला नहीं है। केतना लोग वीडियो बनाकर ले गए। हमें फूटी कौड़ी नहीं दी। अब आप भी वीडियो बनाइएगा। ये तो अपनी बीमारी को कफन की तरह ओढ़कर जैसे-तैसे जी रहा है। मरेगा तभी ये बला टलेगी।' उन्होंने आगे कहा, 'यह भी भला कोई जिंदगी है इसकी। 5 लाख रुपये दिलवा दो, तो यह कुछ कर लेगा। कम से कम अपनी एक छोटी-मोटी दुकान ही खोल लेगा। चेहरा देख रहे हैं इसका, शादी-ब्याह की बात सोचना भी गुनाह है। पता नहीं कौन-सा पाप किया था, जो ऐसा अजूबा मेरे घर में पैदा हुआ है। सब किस्मत का दोष है।' इतना सुनते ही वहां बैठा एक शख्स बोला- ‘मिथुनमा, अब मिथुन चक्रवर्ती बन जाएगा। अबकी वीडियो बनेगा तो दिल्ली से पैसा आएगा।’ ये सुनते ही मिथुन झल्लाते हुए घर के अंदर चले गए और सिर पकड़कर सीढ़ी पर बैठ गए। मिथुन का चेहरा जगह-जगह कटा हुआ है। सर्जरी के बाद भी चेहरा आम लोगों जैसा नहीं है। शरीर पर गड्ढे भी हैं। कुछ देर बाद मिथुन कहते हैं- 'मैं इसीलिए आपको बुलाना नहीं चाहता था। जब भी कोई आता है तो ये लोग ऐसे ही मेरा मजाक उड़ाते हैं। कहने लगते हैं- ‘इतने सारे लोग वीडियो बनाने के लिए आते हैं। पैसा तो मिलता ही होगा। तुमको पैसे की क्या कमी है। फालतू में मजदूरी करने जाते हो। देखिए पैर में सीमेंट लगी है। लेबर का काम कर रहा था। आपका फोन आया, तो खाने का बहाना बनाकर घर आया हूं। मोबाइल है, लेकिन लोकेशन भेजना नहीं आता है। किसी को बोलता तो ये लोग फिर मजाक उड़ाते। इसीलिए आपसे कहा था- इस इलाके में किसी को भी मेरी फोटो दिखाइएगा, वो पता बता देगा। सर, मेरा चेहरा देखकर तो लोगों को घिन आती है। मेरे मुंह से लगातार लार टपकती रहती है, क्योंकि मुंह पूरी तरह बंद नहीं होता। शायद, डॉक्टर ने चेहरे का मांस ज्यादा काट दिया, इसलिए मुंह खिंचा-खिंचा रहता है। लोग कहते हैं कि तुम मनहूस हो, तभी तो ऐसी शक्ल भगवान ने दी है। आप ही बताइए, मेरा क्या दोष है। बचपन में मेरे साथ क्या हुआ, किसे पता। 10-12 साल का था, आईने में खुद का चेहरा देखकर डर जाता था। भाइयों को देखता, वो हट्टे-कट्टे, सुंदर दिखते थे। मैं न तो अपने चेहरे को ठीक से धो सकता था और न ही हाथ फेर सकता था। पूरे शरीर पर मांस के बड़े-बड़े लोथड़े थे। चेहरे पर न आंख का पता चलता था, न मुंह का। सांस भी नहीं ले पाता था। नजर भी कमजोर हो गई थी। रात में सोता था, तो 10 घर तक मेरे खर्राटे की आवाज जाती थी। जो भी रात में इस रास्ते से गुजरता, वह डर जाता था।' 'एक बार की बात है। सुबह के 5 बज रहे होंगे। मैं भाइयों के साथ आम तोड़ने के लिए खेत गया था। वहां जैसे ही कुछ लोगों की नजर मुझ पर पड़ी तो वे भूत, भूत कहकर चिल्लाने लगे। डर के मारे तेजी से भागे और एक बड़े गड्ढे में जा गिरे। उस दिन से आजतक मैं सुबह-सुबह घर से नहीं निकलता। बच्चे तो मेरे पास आते ही नहीं हैं। कोई भूत-प्रेत तो कोई शैतान का बच्चा कहता है। पड़ोसी कहते हैं- घर में ही रहा करो। बच्चे तुम्हें देखकर डर जाते हैं। दिनभर खाना नहीं खाते। मैं भी स्कूल जाता था। लेकिन जब बीमारी की वजह से मेरा चेहरा बिगड़ने लगा, तो एक दिन मैडम ने मुझे बहुत मारा। दरअसल, क्लास के बच्चों ने शिकायत की थी कि वे मुझे देखकर डरते हैं। यहां तक कि उनके घरवालों ने भी हेडमास्टर से कह दिया था- इसे स्कूल से निकाल दो, हमारे बच्चे इसे देखकर रात-रातभर सो नहीं पाते। मैडम ने कहा- तुम्हारी वजह से बाकी बच्चे स्कूल आना छोड़ देंगे। तुम अपना चेहरा आईने में देखते हो, जाकर देखो। कैसा डरावना है। अब स्कूल मत आना। तब से ही स्कूल जाना छोड़ दिया। सिर्फ 5वीं तक ही पढ़ पाया। घर में ही बंद रहता था। पापा के साथ कहीं जाता तो लोग मुझे देखकर रास्ता बदल लेते थे। अब घर वाले भी मुझे कहीं नहीं ले जाते। शाम को बाहर कहीं खेलने के लिए जाता, तो बच्चे भाग जाते। मेरे घर आकर कहते- इसे बाहर मत भेजा करो। धीरे-धीरे जब चेहरे पर मांस के लोथड़े बड़े होने लगे, तो दर्द बढ़ने लगा। ठीक से खाना भी नहीं खा पाता था। दिनभर कराहता रहता। 15-16 साल का हुआ, तो घरवालों ने पैसा देना बंद कर दिया। बीमारी में भला कौन किसका होता है। सोचा काम-धंधा करूंगा, तभी दो रोटी मिलेगी। हमारे आसपास के लोग घर बनाने का काम करते हैं। उनसे काम मांगने गया, तो वे बोले- तुम्हारी शक्ल देखने लायक नहीं है। घर पर ही बैठो। 2016-17 की बात है। तब यहां झोपड़ी थी। भाइयों ने कहा- घर बनवा लेते हैं। इसके हिस्से का खाली खेत छोड़ देते हैं। घर बनना शुरू हुआ तो कुछ मिस्त्री बाहर से काम के लिए आए। जब उन्होंने मुझे देखा तो दूसरे शहरों में मेरे बारे में बताया। कहा- वहां भूत जैसा लड़का रहता है। धीरे-धीरे ये बात सब जगह फैल गई। एक दिन शहर से एक शख्स आया। उसने मेरा फोटो खींचा और चला गया। कुछ दिन बाद वह फिर आया और पापा से कहा- इसे बड़ी बीमारी है। इस बीमारी का कोई इलाज नहीं है, लेकिन सर्जरी से थोड़ी राहत मिल सकती है। वह शख्स किसी संस्था के जरिए मेरी मदद के लिए आया था।' मिथुन अस्पताल का एक पर्चा दिखाते हुए कहते हैं, इसमें पढ़ लीजिए। मेरी बीमारी का नाम लिखा है। मुझसे तो पढ़ते भी नहीं बनता। पर्चे में बीमारी का नाम लिखा है न्यूरोफाइब्रोमैटोसिस। मिथुन आगे बताते हैं कि पहले तो पापा इलाज के लिए नहीं माने। कहने लगे- ‘जब इलाज नहीं है, तो सर्जरी कराकर क्या करेंगे। कहीं इसे कुछ हो गया तो।’ उस शख्स के लाख कहने के बाद पापा माने। तब वो शख्स मुझे और पापा को हवाई जहाज से बेंगलुरु ले गया। वहां मुझे एक अस्पताल में भर्ती कराया। उसके बाद क्या हुआ, कुछ पता नहीं। बाद में पापा ने बताया कि डॉक्टरों ने खून की जांच कराई और फिर ऑपरेशन के लिए ले गए। करीब 10 घंटे बाद मैं बाहर आया तो पूरे शरीर पर पटि्टयां लिपटी हुई थीं। कई दिनों तक बेहोश रहा। डॉक्टर आकर रोज पटि्टयां बदलते थे। ये सिलसिला एक-दो महीने तक चला। इसके बाद हम ट्रेन से गांव लौट आए। वो शख्स कौन था, इलाज में कितने पैसे लगे, हमें कुछ भी नहीं पता। अगले छह-आठ महीनों में सारे घाव सूख गए। डॉक्टरों ने चेहरे से मांस के लोथड़े काटकर हटा दिए थे। लेकिन मेरा चेहरा पूरी तरह बदरंग हो चुका था। शरीर पर जगह-जगह गड्ढे हो गए थे। इसी वजह से मेरी शादी नहीं हो पाई। घरवाले भी नहीं चाहते कि मेरा घर बसे। वे बस मेरे मरने का इंतजार कर रहे हैं, ताकि मेरे हिस्से की जमीन बाकी के भाइयों में बंट जाए। कपड़ों के नाम पर मेरे पास एक जींस, एक हाफ-पैंट, टी-शर्ट और एक शर्ट है। इस घर में मेरा कोई हिस्सा नहीं है। घर भी पापा और भाइयों ने मिलकर बनाया है। भाइयों की शादी हुई तो मुझे कोई नहीं ले गया। बस कोई खाना दे देता तो मैं खा लेता था। सर! क्या कोई मेरी प्लास्टिक सर्जरी नहीं करवा सकता। कहते हैं, उससे चेहरा ठीक हो जाता है। अब मुझे घुटनों में भी गांठें हो रही हैं। इतने में मिथुन का फोन बजा। बात करके फोन रखते ही वो बोले- राजमिस्त्री का फोन था। उसके साथ ही काम कर रहा हूं। मुझे जाना पड़ेगा। हो सके तो मेरे लिए कुछ पैसे देते जाइएगा। मिथुन के जाने के बाद मैंने बचिया देवी से बात करने की कोशिश की, लेकिन उन्होंने मना कर दिया। कहने लगीं- सब वीडियो, फोटो खींचकर चले जाते हैं, कोई एक रुपए की मदद नहीं करता। काफी कोशिशों और पैसे की मदद का भरोसा देने के बाद बचिया देवी बात करने को राजी हुईं। कहती हैं- साल 1996 में इसका जन्म हुआ। महीना, तारीख याद नहीं। जब 4-5 साल का हुआ तो आंगन में पूरे दिन खेलता रहता था। दिखने में भी सुंदर था। उस दौरान, मिथुन के पिता रामजी चौहान कलकत्ता में रहते थे। अब भी वहीं हैं। वहां खाली तेल के कनस्तर बेचते हैं। मेरे 5 बच्चों में मिथुन चौथे नंबर का है। गर्मी का महीना था। अचानक इसे बुखार आया। उस समय तो फोन नहीं था। घर में कोई पढ़ा-लिखा भी नहीं था। एक पड़ोसी से चिट्ठी लिखवाकर पति को भेजी कि मिथुन को तेज बुखार है। ब्लॉक के डॉक्टर ने दवा दी है, लेकिन ठीक नहीं हो रहा। 15 दिन बाद इसके पिता का जवाब आया। नारदीगंज में एक डॉक्टर बैठता है। उसे जाकर दिखा दो, ठीक हो जाएगा। मिथुन को उस डॉक्टर के पास ले गई। उसने कुछ दवाई दी। दो-तीन दिन पानी में गोली को घोलकर पिलाया, तो इसके गाल पर एक छोटा सा घाव हो गया। कुछ दिन में यह घाव गांठ जैसा हो गया। डॉक्टर ने देखा तो एक इंजेक्शन लगा दिया। इंजेक्शन लगाने के एक-दो दिन बाद ही मिथुन के पूरे शरीर में जगह-जगह लाल चकत्ते नजर आने लगे। उस समय तो इसके चेहरे पर कुछ नहीं था। सिर्फ गाल पर एक घाव था। घरवालों ने कहा- सिंदूर को केरोसिन में मिलाकर शरीर पर लगा दो। शाम तक ठीक हो जाएगा। एक हफ्ते बीतने के बाद भी चकत्ते ठीक नहीं हुए, बढ़ते ही गए। फिर डॉक्टर के पास लेकर गई तो उसने कुछ दवाई दे दी। बोला- ‘दो-तीन दिन में ठीक हो जाएगा।’ पास में एक ओझा रहता था। उसके पास भी लेकर गई। उसने कहा- ‘तुम्हारे बेटे पर बुरी आत्मा का साया था, उसे हटा दिया है। जल्द ठीक हो जाएगा।’ हालांकि उससे भी कुछ नहीं हुआ। हाथ-पैर, कोहनी, घुटना… शरीर में सब जगह, गाठें बढ़ने लगीं। कुछ ही महीने में इसके पूरे चेहरे पर बड़े-बड़े घाव होने लगे। मांस के लोथड़े लटकने लगे। हम तो डर गए कि ये क्या हो गया। फिर डॉक्टर के पास गए तो उसने दवा देने से मना कर दिया। कहा- ‘पता नहीं, कौन-सी बीमारी है। किसी बड़े शहर लेकर जाओ।’ पूरे गांव में हल्ला हो गया था कि डॉक्टर की दवाई के रिएक्शन से मिथुन को ऐसा हुआ। दूसरे डॉक्टरों के पास गए तो डर के मारे उन्होंने भी दवाई नहीं दी। मैंने दोबारा पति को खबर भिजवाई। 3 दिन बाद वो कलकत्ता से घर आए। मिथुन को लेकर नवादा जिले के सरकारी अस्पताल गए। डॉक्टर देखते ही बोला- ‘ये कौन सी बीमारी है। हमने ऐसी बीमारी कभी नहीं देखी, इसे कहीं और ले जाओ।’ हम गरीब आदमी, दिन में खाएं तो रात के लिए सोचें। रात में खाएं तो दिन के लिए। खेती-बाड़ी कुछ नहीं, मेहनत मजदूरी करते हैं। पांच बच्चे थे। इसी को लेकर इधर-उधर भागते रहते तो बाकी का क्या होता, इसलिए ठीक से ध्यान नहीं दे पाए। एक बार एक भले मानुष ने इलाज करवा दिया। अब न तो हमारे पास पैसे हैं और न ही हिम्मत। डॉक्टर भी कह चुके हैं कि कोई इलाज ही नहीं तो क्या करें। सरकारी मदद के नाम पर एक पैसा नहीं मिला। मिथुन का दर्द करीब से देखने के बाद बतौर रिपोर्टर मैंने डॉक्टर से मिलकर बीमारी के बारे में जानने का सोचा। मैं पहुंचा दिल्ली के सर गंगा राम हॉस्पिटल के जेनेटिक डिपार्टमेंट। जहां मेरी मुलाकात डिपार्टमेंट की हेड रतना पुरी शाह से हुई। मैंने उन्हें मिथुन की रिपोर्ट्स और फोटो दिखाई। वे बताती हैं- मिथुन को जो बीमारी है, उसका नाम- न्यूरोफाइब्रोमैटोसिस(NF) है। इसका दुनिया में कोई स्थाई इलाज नहीं है। NF जीन में खराबी से यह बीमारी होती है। माता-पिता दोनों से बच्चे में जीन की 20-20 हजार कॉपियां आती हैं। इसमें से किसी एक के भी NF जीन में खराबी आती है, तो बच्चे को यह बीमारी हो सकती है। कुछ केस में जन्म के बाद ही बच्चे के शरीर पर दाने जैसी छोटी गांठ नजर आती है। उम्र के साथ यह बढ़ती जाती है। दरअसल, इस जीन का काम सेल्स को बेतहाशा बढ़ने से रोकना है। जब इसमें खराबी आती है, तो नसों के आसपास की कोशिकाएं बढ़ने लगती हैं। बढ़ते-बढ़ते ये ट्यूमर जैसी हो जाती है। हालांकि इन ट्यूमर से कैंसर का खतरा बहुत कम होता है। कुछ मामलों में चार-पांच साल की उम्र के बाद बच्चों में इस बीमारी के लक्षण नजर आते हैं। जैसा मिथुन का केस है। सबसे पहले पूरे शरीर पर लाल, भूरे रंग के चकत्ते और फिर छोटी-छोटी गांठ नजर आती है। गांठ के बढ़ने से मरीज की आंख, मुंह, नाक सब ढंक जाता है। इससे मरीज को देखने, बोलने, खाने-पीने में दिक्कत होती है। सांस की तकलीफ भी होती है। दिमाग कमजोर होने लगता है। वह जल्दी किसी चीज को सीख नहीं पाता। नर्वस सिस्टम कमजोर हो जाता है। कई केस में जैसे-जैसे मरीज की उम्र बढ़ती है, गांठों में तेज दर्द होने लगता है। शरीर जल्दी थक जाता है। इन गांठों को सर्जरी करके हटाया जाता है। रतना पुरी कहती हैं- इस बीमारी का इलाज किसी एक डॉक्टर के बस की बात नहीं है। इसमें जेनेटिक, न्यूरो जैसे कई विभागों के डॉक्टरों को मिलकर काम करना पड़ता है। जब शरीर की गांठें बड़ी होकर अंदरूनी नसों तक पहुंच जाती हैं, तो ऑपरेशन बहुत सावधानी से करना पड़ता है। हर जगह इसका इलाज या ऑपरेशन मुमकिन नहीं होता। असल में, कुछ ट्यूमर नसों के इतने करीब या उनके अंदर तक धंसे होते हैं कि अगर डॉक्टर उन्हें पूरा बाहर निकालने की कोशिश करें, तो नसें डैमेज होने का खतरा बढ़ जाता है। यही वजह है कि सर्जरी से पहले MRI, CT स्कैन और एंजियोग्राफी जैसी जांचें जरूरी हैं। ताकि यह सटीक रूप से देखा जा सके कि ट्यूमर का जाल कहां तक फैला हुआ है। इसके बाद, ट्यूमर को परत-दर-परत हटाया जाता है। जब प्लास्टिक सर्जन इस सर्जरी को करते हैं, तब न्यूरोसर्जन लगातार मॉनिटरिंग करते रहते हैं कि कोई नस न कट जाए। यदि ट्यूमर नसों की जड़ तक फैला हो, तो डॉक्टर केवल उसके उतने ही हिस्से को काटते हैं जिससे मरीज को दर्द से राहत मिल सके। ताकि नसें पूरी तरह सुरक्षित रहें। इस जटिल सर्जरी के बाद कई मामलों में नसों की कमजोरी के कारण मरीज को हंसने, बोलने या चेहरे के हाव-भाव बदलने में दिक्कत आ सकती है। इसके अलावा, जब ये गांठें निकलती हैं तो, अंगों को दोबारा सामान्य रूप से काम करने के लायक बनाने के लिए फिजियोथेरेपी की भी जरूरत होती है। यह पूरी तरह से एक जेनेटिक बीमारी है, इसलिए सर्जरी के बाद भी शरीर के उसी हिस्से या किसी अन्य जगह से गांठें दोबारा उभर सकती हैं। दरअसल, जीन में मौजूद इस गड़बड़ी को ठीक करना फिलहाल मेडिकल साइंस के लिए संभव नहीं है। यही वजह है कि इस बीमारी का कोई स्थाई इलाज नहीं है। इस बारे में IGIMS पटना के न्यूरो सर्जरी डिपार्टमेंट के एचओडी डॉ. समरेंद्र कुमार सिंह इस बीमारी के बारे में बताते हैं कि न्यूरोफाइब्रोमैटोसिस नसों से जुड़ी एक दुर्लभ बीमारी है, जो 1 लाख में से किसी 1 व्यक्ति को होती है। यह ज्यादातर शरीर के संवेदनशील हिस्सों में होती है जैसे- पीठ, हाथ और चेहरा। जहां नसें ज्यादा होती हैं। यदि गांठ त्वचा के ऊपर हो तो दर्द नहीं होता, लेकिन नसों के अंदर विकसित हो जाए तो दर्द बहुत ज्यादा होता है। रीढ़ की हड्डी या दिमाग के पिछले हिस्से (CP एंगल) में गांठ होने पर पूरा शरीर और दिमाग पैरालाइज्ड हो सकता है। कान की नस में ट्यूमर से सुनने की क्षमता जा सकती है। सीपी एंगल में गांठ होने से खाना सांस की नली में फंस सकता है, जो जानलेवा है। इसकी सर्जरी का खर्च 3 से 5 लाख रुपये तक आता है। ऑपरेशन के दौरान नसों को बचाने के लिए माइक्रोस्कोप और 'इंट्राऑपरेटिव नर्व मॉनिटरी मशीन' का उपयोग किया जाता है। सर्जरी के बाद प्रभावित जगह की नसें थोड़ी कमजोर हो जाती हैं। -------------------------------- ऐ जिंदगी सीरीज की यह खबर भी पढ़ें… 1- बेटे की सभी हड्डियां टेढ़ी, 4 करोड़ में होगा इलाज:बिस्तर से उठ नहीं पाता, 3 डॉक्टर बोले- आपसी रिश्तों में शादी का असर 8 साल का जावेद स्कूल के मैदान में क्रिकेट खेलते-खेलते अचानक गिर पड़ा। दोस्तों ने उसे उठाने की कोशिश की, लेकिन वह नहीं उठा। जमीन पर पड़ा कराहने लगा। टीचर भागते हुए आए, उन्होंने भी उठाने की कोशिश की। वो बार-बार कहता रहा- मेरे घुटने और कोहनियों में बहुत दर्द है। पूरी स्टोरी यहां पढ़ें 2- 14 की उम्र में शरीर बना 'पेड़ की छाल’: उठो या बैठो फटने लगती है चमड़ी, मन करता है छीलकर फेंक दूं; देश का अकेला केस दोपहर के 1 बजे हैं। जंगल के ऊबड़-खाबड़ रास्तों पर कार हिचकोले खा रही है। तेज गर्मी से गला लगातार सूख रहा है। करीब 2 घंटे बाद जंगलों में कुछ झोपड़ियां नजर आती हैं। इन्हीं झोपड़ियों में से एक के सामने हमारी कार रुकी। झोपड़ी के बाहर एक लड़की बेजान सी खड़ी नजर आई। उसकी मटमैली शर्ट और हाफ पैंट के बाहर जितना भी शरीर दिख रहा है, वह बेहद डरावना है। पूरी स्टोरी यहां पढ़ें…
राजस्थान में 10 से 23 जुलाई तक प्रदेशव्यापी ओबीसी परिवारों का होगा सर्वेक्षण
जयपुर। राजस्थान राज्य अन्य पिछड़ा वर्ग (राजनीतिक प्रतिनिधित्व) आयोग 10 से 23 जुलाई तक राज्य में अन्य पिछड़ा वर्ग (ओबीसी) परिवारों का राज्यव्यापी डिजिटल सर्वेक्षण का आयोजन करेगा। ओबीसी आयोग राजस्थान के जनसंपर्क अधिकारी विक्रम राठौड़ ने बताया कि उच्चतम न्यायालय द्वारा रिट याचिका सुरेश महाजन बनाम मध्यप्रदेश राज्य एवं अन्य में पारित निर्णयों एवं […] The post राजस्थान में 10 से 23 जुलाई तक प्रदेशव्यापी ओबीसी परिवारों का होगा सर्वेक्षण appeared first on Sabguru News .
केंद्रीय भंडार निगम ने मदन दिलावर को सौंपा 44 लाख रुपए का चेक
कोटा। केन्द्रीय भंडार निगम ने राजस्थान में कोटा जिले में रामगंजमंडी क्षेत्र के राजकीय चिकित्सा संस्थानों में चिकित्सा सेवाओं को सुदृढ़ बनाने के लिए लगभग 44 लाख रुपए मूल्य के आवश्यक चिकित्सा उपकरण उपलब्ध कराने के लिए आर्थिक सहायता उपलब्ध कराई है। निगम के क्षेत्रीय प्रबंधक प्रिंस कुमार ने गुरुवार को शिक्षा एवं पंचायती राज […] The post केंद्रीय भंडार निगम ने मदन दिलावर को सौंपा 44 लाख रुपए का चेक appeared first on Sabguru News .
कृषि शिक्षा में अध्ययनरत पात्र छात्राओं को मिलेगी प्रोत्साहन राशि
राज किसान साथी पोर्टल पर होंगे ऑनलाइन आवेदन अजमेर। कृषि विभाग की राज्य योजना के अंतर्गत कृषि शिक्षा में अध्ययनरत छात्राओं को प्रोत्साहन राशि प्रदान करने के लिए ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया प्रारम्भ हो गई है। पात्र छात्राएं राज किसान साथी पोर्टल के माध्यम से आगामी 31 जनवरी 2027 तक आवेदन कर सकती हैं। कृषि विभाग […] The post कृषि शिक्षा में अध्ययनरत पात्र छात्राओं को मिलेगी प्रोत्साहन राशि appeared first on Sabguru News .
शहरी सेवा शिविरों में विशेष योग्यजनों के सर्वे हेतु नोडल अधिकारी नियुक्त
पात्र दिव्यांगजन योजनाओं के लाभ से नहीं रहेंगे वंचित अजमेर। जिले में संचालित शहरी सेवा शिविरों के माध्यम से विशेष योग्यजनों को राज्य एवं केन्द्र सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं का अधिकतम लाभ दिलाने के उद्देश्य से जिला प्रशासन ने सभी नगरीय निकायों में नोडल अधिकारी एवं सहायक नोडल अधिकारी नियुक्त किए हैं। इन अधिकारियों की […] The post शहरी सेवा शिविरों में विशेष योग्यजनों के सर्वे हेतु नोडल अधिकारी नियुक्त appeared first on Sabguru News .
उदयपुर में नर्सिंग छात्र की चाकू मारकर हत्या
उदयपुर। राजस्थान में उदयपुर के सवीना थाना क्षेत्र में एक नर्सिंग छात्र की चाकू मार कर हत्या करने का मामला सामने आया है। पुलिस सूत्रों ने गुरुवार को बताया कि हिरण मगरी सेक्टर-14 स्थित श्रीराम अपार्टमेंट के पास रहने वाला दिनेश कुमार बुधवार शाम को मोटरसाइकिल ठीक करवाने के लिए घर से निकला था। रात […] The post उदयपुर में नर्सिंग छात्र की चाकू मारकर हत्या appeared first on Sabguru News .
35 करोड़ रुपए की कर चोरी की आशंका पर फर्म के ठिकानों पर सर्च
जयपुर/पाली। राजस्थान में राज्य जीएसटी वाणिज्यिक कर विभाग द्वारा कर चोरी के विरुद्ध चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत मुख्यालय की प्रवर्तन शाखा-तृतीय जयपुर द्वारा मेसर्स प्रेम ग्रीन प्राइवेट लिमिटेड एवं उससे संबंधित चार अन्य फर्मों के कई ठिकानों पर सर्च कार्यवाही की गई। समूह की फर्मों द्वारा मेहन्दी पाउडर, मेहन्दी कोन, हेयर कलर […] The post 35 करोड़ रुपए की कर चोरी की आशंका पर फर्म के ठिकानों पर सर्च appeared first on Sabguru News .
निःशुल्क नेत्र जांच शिविर में उमड़ी मरीजों की भीड़, विशेषज्ञों ने दिए आंखों की देखभाल के टिप्स
अजमेर। भारत विकास परिषद महाराणा प्रताप शाखा एवं शंकर आयुर्वेद सिविल लाइंस अजमेर के संयुक्त तत्वावधान में निःशुल्क नेत्र जांच शिविर का आयोजन किया गया। शिविर में दिल्ली के वरिष्ठ आयुर्वेदिक चिकित्सक एवं रेटिना व नेत्र रोग विशेषज्ञ डॉ. ज्ञानेंद्र शर्मा ने मरीजों की आंखों की जांच कर आवश्यक परामर्श दिया। परिषद सचिव दीपक चोपड़ा […] The post निःशुल्क नेत्र जांच शिविर में उमड़ी मरीजों की भीड़, विशेषज्ञों ने दिए आंखों की देखभाल के टिप्स appeared first on Sabguru News .
चोटिल प्रतिका रावल की जगह लॉर्ड्स टेस्ट के लिए शामिल हुई यह खिलाड़ी
ENGvsIND लॉर्ड्स में इंग्लैंड के खिलाफ़ ऐतिहासिक वन-ऑफ़ टेस्ट से पहले भारत को एक झटका लगा है क्योंकि प्रतिका रावल इस मैच से बाहर हो गई हैं। दूसरे वनडे मैच के दौरान रावल के घुटने पर कट लग गया था और इस वजह से वह सीरीज़ के आखिरी मैच में भी नहीं खेल पाई थीं।इंग्लैंड में इंडिया ए टीम का हिस्सा रहीं प्रिया पुनिया को रावल की जगह टीम में शामिल किया गया है। हेड कोच अमोल मजूमदार ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में पुष्टि की, “प्रतिका रावल ‘A’ सीरीज़ के दौरान लगी चोट के कारण टेस्ट मैच से बाहर हो गई हैं। उनके घुटने पर कट लग गया था जिसके लिए कुछ टांके लगाने पड़े। वह टेस्ट मैच से बाहर हैं और प्रिया पुनिया को टीम में शामिल किया गया है।” जहां रावल ने इस साल की शुरुआत में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ़ वाका में अपना टेस्ट डेब्यू किया था, वहीं पुनिया ने अभी तक टेस्ट लेवल पर डेब्यू नहीं किया है। हालांकि, ‘A’ सीरीज़ में इंग्लैंड के खिलाफ़ लगातार दो हाफ़-सेंचुरी लगाने के बाद वह इस मैच के लिए अच्छी फ़ॉर्म में हैं।25 वर्षीय खिलाड़ी के लिए यह चोट एक और झटका है; इससे पहले पिछले साल चोट के कारण वह वनडे वर्ल्ड कप के सेमीफ़ाइनल और फ़ाइनल में नहीं खेल पाई थीं। वह डब्ल्यूपीएल में भी नहीं खेली थीं और ऑस्ट्रेलिया में वनडे मैचों के ज़रिए वापसी की थी। पुनिया को हाल ही में इंडिया ए सीरीज़ में शानदार प्रदर्शन के बाद टीम में वापस बुलाया गया है, जहां उन्होंने दो अर्धशतक लगाए थे। अगर उन्हें चुना जाता है, तो यह अनुभवी बल्लेबाज़ लॉर्ड्स में अपना टेस्ट डेब्यू कर सकती हैं। भारत की जिन खिलाड़ियों का टेस्ट डेब्यू हो सकता है, उनमें हरलीन देओल, अच्छी फ़ॉर्म में चल रही स्पिनर श्री चरणी और तेज़ गेंदबाज़ नंदिनी शर्मा शामिल हैं। दूसरी ओर, इंग्लैंड की टीम में पांच ऐसी खिलाड़ी हैं जिन्होंने अभी तक टेस्ट क्रिकेट नहीं खेला है; इनमें एलिस कैपसी, टिली कॉर्टीन-कोलमैन, मैडी विलियर्स, ग्रेस पॉट्स और एली थ्रेलकेल शामिल हैं।टैमी ब्यूमोंट का विदाई मैच इंग्लैंड की अनुभवी ओपनर टैमी ब्यूमोंट ने भारत के खिलाफ़ होने वाले एकमात्र टेस्ट मैच के बाद इंटरनेशनल क्रिकेट से संन्यास की घोषणा कर दी है। ब्यूमोंट इंग्लैंड की बेहतरीन बल्लेबाज़ों में से एक के तौर पर इंटरनेशनल क्रिकेट को अलविदा कह रही हैं। वह इंग्लैंड की उन केवल दो महिला खिलाड़ियों में से एक हैं – और कुल मिलाकर इंग्लैंड की उन पांच क्रिकेटरों में से एक – जिन्होंने तीनों फ़ॉर्मेट में इंटरनेशनल शतक लगाया है। उनके करियर की सबसे बड़ी उपलब्धि 2023 विमेंस एशेज़ के दौरान ट्रेंट ब्रिज में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ़ नाबाद 208 रन की ऐतिहासिक पारी रही, जिससे वह टेस्ट में दोहरा शतक लगाने वाली इंग्लैंड की पहली महिला खिलाड़ी बनीं।
6 जुलाई को ईरान ने होर्मुज से गुजर रहे 3 जहाजों पर हमला कर दिया। अगले ही दिन अमेरिका ने ईरान में 80 से ज्यादा ठिकानों पर बमबारी कर दी। ट्रम्प बोले- मेरे हिसाब से अब शांति समझौता खत्म हो गया है। ईरान ने भी पलटवार किया है। समझौते के बावजूद ईरान ने जहाजों पर हमला क्यों किया और क्या ये दांव महंगा पड़ेगा; जानेंगे आज के एक्सप्लेनर में… सवाल-1: ईरान और अमेरिका के शांति समझौते में क्या तय हुआ था?जवाबः करीब 4 महीने की जंग के बाद 17 जून को अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रम्प और ईरानी राष्ट्रपति पजेशकियान ने 14 पॉइंट्स का MoU साइन किया। इस पर अगले 60 दिनों में फाइनल डील होनी थी। समझौते में 3 पॉइंट्स सबसे अहम थे- 1. होर्मुज स्ट्रेट से निर्बाध आवाजाहीः ईरान बिना कोई शुल्क लिए 60 दिनों तक होर्मुज स्ट्रेट से व्यापारिक जहाजों की सुरक्षित आवाजाही का इंतजाम करेगा। ईरान और ओमान साथ मिलकर इस मुद्दे पर काम करेंगे। साथ ही 30 दिनों के अंदर स्ट्रेट के मुख्य रास्ते में बिछी माइन्स और दूसरी तकनीकी रुकावटों को हटाया जाएगा। 2. ईरान को 300 बिलियन डॉलर का आर्थिक पैकेज: अमेरिका खाड़ी देशों के साथ मिलकर ईरान के पुनर्निमाण के लिए 300 बिलियन डॉलर, यानी करीब 28 लाख करोड़ का फंड देगा। अगले 60 दिनों की बातचीत में इसका फ्रेमवर्क तय किया जाएगा। 3. परमाणु कार्यक्रम पर बातचीत: ईरान नए परमाणु हथियार नहीं बनाएगा। संवर्धित यूरेनियम का क्या करना है, इस पर दोनों देश अगले 60 दिनों में बातचीत करके सहमति पर पहुंचेंगे। सवाल-2: समझौते के बावजूद ईरान ने होर्मुज से गुजर रहे तेल टैंकरों पर हमला क्यों किया?जवाबः ईरान की बेसब्री के पीछे एक्सपर्ट्स 3 प्रमुख वजह मानते हैं… 1. ईरान को लगा होर्मुज उसके हाथ से निकल रहा है 2. लेबनान में ईरान का प्रभाव कम होने की आशंका 3. ईरान को फंड न मिलने की बेचैनी, रकम भी घट रही सवाल-3: क्या ईरान ने इस बार जरूरत से ज्यादा जोखिम वाला दांव खेल दिया है?जवाबः 6 जुलाई को होर्मुज से गुजर रहे जहाजों पर ईरान का हमला आक्रामक दांव माना जा रहा है… ट्रम्प ने ईरान को धमकी दी है कि उनके एक हमले के बदले अमेरिका 20 गुना ज्यादा ताकत से हमला करेगा। उन्होंने ईरान की लीडरशिप को नीच और पागल बताया। यह भी कहा कि उनकी नजर में सीजफायर खत्म हो चुका है। अमेरिका ने लगातार 2 दिन तक ईरान पर करीब 170 हमले किए। 3 लोगों की मौत हुई। सवाल-4: जहाजों पर ईरान के हमले से अमेरिका इतना आक्रामक क्यों हो गया?जवाबः होर्मुज स्ट्रेट एक अंतरराष्ट्रीय जलमार्ग है, यानी किसी एक देश का इस पर कंट्रोल नहीं है। लेकिन ईरान इस रास्ते पर अपना नियंत्रण बनाना चाहता है। अमेरिका इसके खिलाफ है। अमेरिका ने समुद्र में व्यापारिक जहाजों की सुरक्षित आवाजाही की जिम्मेदारी ली है। इसके लिए 1979 में फ्रीडम ऑफ नेविगेशन प्रोग्राम की भी शुरुआत की, जिसके तहत क्रिटिकल चोकपॉइंट्स पर अमेरिका अपने नौसैनिक जहाज भेजकर सुरक्षित आवाजाही सुनिश्चित करता है। होर्मुज स्ट्रेट के अलावा दुनिया में तेल व्यापार के रास्तों पर 7 और चोकपॉइंट्स हैं। यहां से दुनिया के करीब 52% कच्चे तेल का व्यापार होता है। इनमें पनामा कैनाल, स्वेज कैनाल, मलक्का स्ट्रेट जैसे पॉइंट शामिल हैं। अगर ईरान होर्मुज में फीस वसूलने लगे, तो बाकी चोकपॉइंट्स पर भी क्षेत्रीय ताकतें ऐसा ही करने लगेंगी। इससे पूरी दुनिया के कारोबार पर असर पड़ेगा। अप्रैल 2026 में इंडोनेशिया के वित्त मंत्री पुरबाया युधि सदेवा मलक्का स्ट्रेट से गुजरने वाले जहजों से टोल लेने का सुझाव भी दे चुके हैं। सवाल-5: अब शांति समझौते का क्या होगा, क्या ये सिर्फ दिखावा था?जवाबः अमेरिका-ईरान के बीच हुआ शांति समझौता कभी पूरी तरह से शांति के लिए था ही नहीं। सीनियर जर्नलिस्ट और विदेश मामलों के जानकार मार्क चैंपियन के मुताबिक, इस समझौते की भाषा जानबूझकर अस्पष्ट रखी गई, ताकि दोनों ही पक्षों को अपने मकसद पूरे करने के लिए दूसरे तरीकों की गुंजाइश बनी रहे। शांति समझौते में साफ-साफ शर्तें होती हैं। जैसे- कौन कब क्या करेगा, कोई उल्लंघन कैसे तय होगा, निगरानी कौन करेगा। अमेरिका-ईरान समझौते में में साफ नहीं था कि हॉर्मुज में 'मुक्त आवाजाही' का मतलब क्या है? क्या ईरान वहां टोल वसूल सकता है? गश्त कर सकता है? किन शर्तों पर जंग पूरी तरह खत्म होगी? तेल प्रतिबंधों में छूट कितनी पक्की है? अमेरिका ने ईरानी तेल पर 60 दिन के लिए प्रतिबंध हटाए थे, लेकिन महज 20 दिन बाद ही अमेरिकी ट्रेजरी विभाग ने ये अस्थायी छूट वापस ले ली और अगस्त तक तेल बिक्री की इजाजत देने वाला लाइसेंस रद्द कर दिया। CSIS के जियोस्ट्रैटजी एक्सपर्ट जॉन बी. अल्टरमैन मानते हैं कि दोनों पक्षों ने जंग की मूल जड़- परमाणु कार्यक्रम, मिसाइल क्षमता, प्रतिबंध, होर्मुज पर नियंत्रण वगैहर को सुलझाए बिना सिर्फ हथियार डालने का समय तय किया, इसीलिए यह इतनी जल्दी टूट गया। सवाल-6: क्या वाकई जंग दोबारा शुरू हो चुकी है, आगे क्या होगा?जवाबः ईरान ने होर्मुज से गुजर रहे 3 जहाजों पर हमला किया। अगली रात अमेरिकी सेंट्रल कमांड ने ईरान में 80 से ज्यादा ठिकानों को निशाना बनाया। IRGC ने भी पलटवार करते हुए बहरीन और कुवैत में 85 अमेरिकी सैन्य अड्डों पर मिसाइल दागीं। कुल मिलाकर आंख के बदले आंख का खेल चल रहा है। हालांकि अभी ये लिमिटेड स्ट्राइक हैं, पूरी तरह जंग में नहीं बदलीं। अब आगे 2 सिनैरियो बन सकते हैं… 1. लिमिटेड स्ट्राइक बढ़ते-बढ़ते पूर्ण यूद्ध में बदल जाएं 2. हमले रुकें और समझौते पर दोबारा बात शुरू हो हालांकि ईरानी जर्नलिस्ट सैयद मुस्तफा खोशचेश्म मानते हैं कि बातचीत चलने के बावजूद ईरान की तरफ से दुश्मनी और अविश्वास कभी खत्म नहीं हुआ है, यानी बातचीत की मेज पर बैठना अपने आप में भरोसे की गारंटी नहीं। ----------- ये खबर भी पढ़िए… भारत को तेल बेचने वाला रूस, अब तेल खरीदने पर क्यों मजबूर; क्या यूक्रेन ने सभी रिफाइनरी तबाह कीं दुनिया भर के देशों को कच्चा तेल बेचने वाला रूस अब दूसरे देशों से पेट्रोल मंगवाने को मजबूर है। भारत से भी पेट्रोल के कई टैंकर भेजे जाने की खबरें हैं। रूसी पेट्रोल पंपों पर पहली बार लंबी-लंबी कतारें लगी हैं। पेट्रोल खरीदने पर पाबंदियां लागू हैं। इसकी वजह है- यूक्रेन के हमले। पूरी खबर पढ़िए…
62 की उम्र में कर्टली एम्ब्रोस का गेंदबाजी करते हुए वीडियो वायरल
तेज गेंदबाजी के लिए मशहूर वेस्टइंडीज के गेंदबाज कर्टली एम्ब्रोज का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है जिसमें वह तेज गेंदबाजी कर रहे हैं। हालांकि उनकी हाफ वॉली गेंद को गेंदबाज मिड ऑन के ऊपर से छक्का मार देता है लेकिन इस उम्र में भी गेंदबाजी करने की ललक रखना काबिल ए तारीफ है। गौरतलब है कि यह कैरिबियाई गेंदबाज अब 62 साल का हो गया है। Legendary Bowler Curtly Ambrose at the age of 62: pic.twitter.com/AU0ThJkZrt — CricInformer (@CricInformer) July 9, 2026 एम्ब्रोज को साल 2014 में तत्कालीन कोच ओटिस गिब्सन की जगह वेस्टइंडीज का गेंदबाजी कोच भी बनाया गया था।हालांकि उनका अनुभव खास अच्छा नहीं रहा।करियर में 98 टेस्टों में वेस्टइंडीज के लिए 405 विकेट निकालने वाले पूर्व महान क्रिकेटर ने राष्ट्रीय टीम की इंग्लैंड के खिलाफ शर्मनाक हार पर कैरिबियाई टीम को लताड़ लगाई थी। एम्ब्रोज ने कहा, मैं टीम के साथ बतौर गेंदबाजी कोच दो वर्ष के लिए रहा और मैंने उन्हें काफी सिखाने की कोशिश की। एम्ब्रोस ने कहा था कि मैंने टीम को अपने लोगों का नेतृत्व करने और सम्मान के लिए खेलने का पाठ पढ़ाया था, लेकिन मैदान पर उन्हें खुद के हिसाब से ही खेलना है। यदि वे तैयारी नहीं करेंगे तो उन्हें सिखाना बेकार ही है। एम्ब्रोज आईपीएल (इंडियन प्रीमियर लीग) के भी सख्त खिलाफ थे। अपनी आत्मकथा ‘टाइम टू टॉक’ के प्रचार के लिए लॉर्ड्स पर उन्होंने कहा था कि मैं आईपीएल खेलने वाले खिलाड़ियों का अपमान नहीं करना चाहता लेकिन आप आईपीएल खेलकर इत्मीनान से टीम में अपनी जगह नहीं पा सकते। मुझे लगता है कि यह चिंता का विषय है। वह कितने दूरदर्शी थे इसका अंदाजा इस ही बात से लगाया जा सकता है कि उन्होंने कहा था कि खिलाड़ियों को तय करना होगा कि वेस्टइंडीज के लिए खेलना है या देश के लिए। आज वेस्टइंडीज क्रिकेट की बर्बादी के लिए कई विशेषज्ञ मुखर होकर फ्रैंचाइजी लीग को दोष देते हैं।
रिश्तों की गर्माहट और एक बिल्ली की प्यारी कहानी लेकर आ रही है 'मैक्स, मिन एंड म्याऊज़ाकी'
आज के दौर में जब बड़े बजट की एक्शन और थ्रिलर फिल्मों का दबदबा है, वहीं एक ऐसी फिल्म दर्शकों के बीच आने वाली है जो रिश्तों की गर्माहट, परिवार के जुड़ाव और जिंदगी की छोटी-छोटी खुशियों को पर्दे पर उतारने का वादा करती है। फिल्म 'मैक्स, मिन एंड म्याऊज़ाकी' अपनी सादगी और भावनात्मक कहानी से दर्शकों का ध्यान खींच सकती है। यह फिल्म सिर्फ मनोरंजन नहीं बल्कि इंसानों और उनके रिश्तों के बीच खोते जा रहे अपनापन को फिर से महसूस कराने की कोशिश करती नजर आ रही है। निर्माताओं का मानना है कि सोशल मीडिया और बदलती जीवनशैली के बीच जहां पारिवारिक रिश्तों में दूरी बढ़ती जा रही है, यह फिल्म उसी पुराने अपनापन और भावनात्मक जुड़ाव को वापस लाने की कोशिश करेगी। इस फिल्म में दर्शकों को एक ऐसी दुनिया की झलक मिलेगी, जहां आधुनिक रिश्तों की जटिलताएं, परिवार के बदलते समीकरण और एक खास बिल्ली म्याऊज़ाकी कहानी का अहम हिस्सा बनकर सामने आती है। कहानी ऐसे रिश्तों के इर्द-गिर्द घूमती है जहां समय के साथ प्यार के मायने बदलते हैं, परिवार में दूरियां आती हैं और फिर कुछ खास रिश्ते लोगों को दोबारा जोड़ देते हैं। साथ बैठकर खाना खाना, सड़क यात्राएं, पारिवारिक समारोह, अलग-अलग सोच रखने वाले लोग और रिश्तों के बीच की खामोशियां फिल्म की भावनात्मक दुनिया को सामने लाती हैं। इसकी सहजता ही इसकी सबसे बड़ी ताकत नजर आती है। मुंबई की पृष्ठभूमि और मानसून के खूबसूरत माहौल में बनी यह फिल्म जिंदगी की उन छोटी बातों को महत्व देती है, जो बड़े रिश्तों की नींव बनती हैं। फिल्म बदलाव, अपनापन और उन अनजान मुलाकातों की कहानी कहती है जो कभी-कभी इंसान की पूरी जिंदगी बदल देती हैं। इस पूरी यात्रा में म्याऊज़ाकी सिर्फ एक बिल्ली नहीं बल्कि भावनाओं को जोड़ने वाली एक महत्वपूर्ण कड़ी बनकर सामने आती है। माना जा रहा है कि फिल्म में म्याऊज़ाकी नाम की बिल्ली का नाम मशहूर जापानी फिल्मकार हायाओ मियाज़ाकी से प्रेरित है। हालांकि, कहानी में इस किरदार की भूमिका सिर्फ एक पालतू जानवर तक सीमित नहीं दिखाई देती, बल्कि यह इंसानों के बीच प्यार, संवेदना और जुड़ाव का प्रतीक बनकर उभरती है। फिल्म में नई पीढ़ी के कलाकारों के साथ अनुभवी सितारे भी नजर आएंगे। इसमें मेधा शंकर, सिद्धार्थ मेनन और विधात्री बांदी जैसे युवा कलाकार शामिल हैं। वहीं आदिल हुसैन, मंदिरा बेदी, नासर और नफीसा अली जैसे दिग्गज कलाकार फिल्म को मजबूती देते हैं। 'मैक्स, मिन एंड म्याऊज़ाकी' का लेखन और निर्देशन पद्मकुमार नरसिम्हामूर्ति ने किया है। एसएसओ प्रोडक्शंस के बैनर तले बनी इस फिल्म के निर्माता समीक्षा ओसवाल और शेल ओसवाल हैं। 'मैक्स, मिन एंड म्याऊज़ाकी' 24 जुलाई को देशभर के सिनेमाघरों में रिलीज होगी।
प्राइम वीडियो ने अपनी आने वाली प्राइम ऑरिजिनल सीरीज 'आदर्श बाल विद्यालय' के वर्ल्डवाइड प्रीमियर की घोषणा कर दी है। इस सीरीज़ के निर्देशक हिमांक गौर हैं, जिसे इसके एग्जीक्यूटिव प्रोड्यूसर्स बिस्वपति सरकार और समीर सक्सेना ने पोशम पा पिक्चर्स के बैनर तले मिलकर बनाया है। सात एपिसोड वाली इस कॉमेडी सीरीज़ की कहानी बिस्वपति सरकार, अक्षय अस्थाना, नूपुर पाई, तत्सत पांडे और मेघना श्रीवास्तव ने मिलकर लिखी है। बेहतरीन कलाकार के के मेनन की मुख्य भूमिका वाली इस सीरीज़ में अर्चना पूरन सिंह, नवीन कस्तूरिया, प्रसन्ना बिष्ट, अभिमन्यु सिंह, देवेन भोजानी, अजितेश गुप्ता, अन्नपूर्णा सोनी, और प्राची शाह जैसे कलाकारों ने भी अहम किरदार निभाए हैं। ALSO READ: ऋत्विक पारीक की फिल्म 'डुग डुग' प्राइम वीडियो पर हुई रिलीज, ग्लोबल ऑडियंस के बीच मिलेगी नई पहचान इस सीरीज़ का वर्ल्डवाइड प्रीमियर भारत के साथ-साथ दुनिया भर के 240 देशों एवं क्षेत्रों में 24 जुलाई को सिर्फ़ प्राइम वीडियो पर हिंदी में अंग्रेज़ी सबटाइटल के साथ होगा। A post shared by prime video IN (@primevideoin) आदर्श बाल विद्यालय की कहानी, एक बदहाल स्कूल में ज्ञानेश्वर त्रिपाठी (केके मेनन) नाम के एक बेफिक्र स्वभाव वाले हेडमास्टर के इर्द-गिर्द घूमती है। कैंब्रिज में होने वाले एक बड़े सरकारी ट्रेनिंग प्रोग्राम का हिस्सा बनने की उनकी चाहत ऐसा कमाल करती है, कि वो स्कूल की हालत सुधारने के अनदेखे सफर पर निकल पड़ते हैं। शहर के सबसे पिछड़े स्कूलों में से एक की किस्मत बदलने के लिए जब वो शिक्षकों की एक अनोखी टीम को साथ लाते हैं, तो उनका सामना रोज़मर्रा की चुनौतियों से होता है - जैसे क्लासरूम में शोर मचाते बच्चे, संसाधनों की कमी, माता-पिता की बेरुखी और कामकाज में आने वाली मुश्किलें। यह सीरीज़ हंसी-मज़ाक के साथ जज़्बातों को खूबसूरती से जोड़ती है और दिखाती है कि कैसे एक कमज़ोर समझे जाने वाले संस्थान को भी नया जीवन मिल सकता है। बॉलीवुड की अन्य लेटेस्ट खबर पढ़ने के लिए क्लिक करें प्राइम वीडियो इंडिया के डायरेक्टर और ऑरिजिनल्स के हेड, निखिल मधोक ने कहा, आदर्श बाल विद्यालय बेहद मज़ेदार और जोश से भरी कॉमेडी सीरीज़ है, जो हमारे सिस्टम की गड़बड़ियों और कमियों को सामने लाती है जिसे वहाँ के लोगों की अपनी कोशिशों से अब तक संभाल रखा है। इस कहानी का अंदाज़ मज़ेदार, दिल को छूने वाला और हर किसी को अपना सा लगने वाला है। आदर्श बाल विद्यालय के को-क्रिएटर और एग्जीक्यूटिव प्रोड्यूसर, बिस्वपति सरकार एवं समीर सक्सेना ने बताया, इसकी शुरुआत बस एक छोटे-से आइडिया से हुई थी — एक ऐसे स्कूल की कहानी बयां करना जो हर पैमाने पर नाकाम दिखाई दे रहा है, लेकिन फिर भी ये कुछ ऐसे लोगों के दम पर टिका हुआ है जो रोज़ वहां आते हैं और अपनी तरफ से कोशिश करते रहते हैं। यह सीरीज़ एक बदहाल स्कूल के अंदर कुछ हंसाने वाले लम्हों और उलझी हुई दुनिया के साथ रोज़मर्रा की चुनौतियों को सामने लाती है, साथ ही उन शिक्षकों और छात्रों के जज़्बे को भी दिखाती है जो एक-दूसरे का साथ नहीं छोड़ते।
मानसून का मौसम भीषण गर्मी से राहत तो लाता है, लेकिन अपने साथ झमाझम बारिश, जलभराव (Waterlogging) और लंबे पावर कट की मुसीबत भी लेकर आता है। कई बार मूसलाधार बारिश के चलते गलियां समंदर बन जाती हैं और बाजार जाना पूरी तरह नामुमकिन हो जाता है। ऐसे में अगर घर पर पहले से तैयारी न हो, तो छोटी सी बात बड़ी आफत बन सकती है। इस मानसूनी सीजन में अपनी फैमिली को सुरक्षित और टेंशन-फ्री रखने के लिए घर पर एक 'मानसून इमरजेंसी किट' (Monsoon Emergency Kit) तैयार करना सबसे समझदारी का काम है। आइए जानते हैं उन जरूरी चीजों के बारे में, जो इस सीजन आपके घर में जरूर होनी चाहिए।1. पीने का साफ पानी और सूखा राशन (Emergency Food Supply)बारिश के दिनों में अक्सर नगर निगम की वॉटर सप्लाई लाइन में गंदा पानी आने लगता है या जलभराव के कारण सप्लाई ठप हो जाती है। इसलिए घर में कम से कम 3 से 4 दिनों के लिए पीने का साफ पानी स्टोर करके जरूर रखें। इसके साथ ही ऐसा सूखा राशन रखें जिसे पकाने या फ्रिज में रखने की जरूरत न हो, जैसे—बिस्कुट, एनर्जी बार, भुने चने, ड्राई फ्रूट्स, मखाना और इंस्टेंट नूडल्स। अगर डिब्बाबंद (Canned Food) खाना रख रहे हैं, तो एक मैन्युअल कैन ओपनर भी किट में डालना न भूलें।2. फर्स्ट एड किट और जरूरी दवाएं (Medical First Aid)मौसम बदलते ही सर्दी-खांसी, वायरल बुखार, डेंगू, मलेरिया या पेट खराब होने की समस्या आम हो जाती है। अपनी इमरजेंसी किट में पट्टियां, एंटीसेप्टिक लिक्विड, ओआरएस (ORS) के पैकेट, दर्द निवारक दवाएं और थर्मामीटर जरूर रखें। अगर घर में कोई बुजुर्ग, बच्चा या क्रोनिक बीमारी (जैसे डायबिटीज या ब्लड प्रेशर) का मरीज है, तो उनकी कम से कम दो हफ्ते की दवाएं एडवांस में लाकर रखें।3. टॉर्च, एक्स्ट्रा बैटरी और पावर बैंकतेज आंधी और भारी बारिश के कारण बिजली गुल होना आम बात है। ऐसे में मोबाइल की फ्लैशलाइट पर निर्भर रहने के बजाय एक अच्छी और तेज रोशनी वाली टॉर्च, इमरजेंसी एलईडी लाइट और एक्स्ट्रा बैटरी अपने पास रखें। अपने पावर बैंक को हमेशा 100% फुल चार्ज रखें ताकि बिजली कटने पर भी आपका मोबाइल चालू रहे और आप अपनों से जुड़े रह सकें।4. जरूरी सरकारी और बैंक डॉक्यूमेंट्स की सुरक्षाबाढ़ या घरों में पानी भरने की स्थिति में सबसे ज्यादा नुकसान कागजातों का होता है। अपने महत्वपूर्ण दस्तावेज जैसे पहचान पत्र, इंश्योरेंस के पेपर्स, बैंक की पासबुक, वसीयत और मेडिकल रिकॉर्ड्स को एक वॉटरप्रूफ फोल्डर या जिपलॉक प्लास्टिक पाउच में संभालकर रखें। इसके अलावा, इन सभी की एक साफ डिजिटल कॉपी (स्कैन फोटो) अपने फोन या गूगल ड्राइव जैसे क्लाउड स्टोरेज पर भी जरूर सेव कर लें।5. साफ-सफाई और पर्सनल हाइजीन का सामानमानसून में चारों तरफ पानी जमा होने से इंफेक्शन, फंगस और खतरनाक बैक्टीरिया का खतरा कई गुना बढ़ जाता है। अपनी किट में एंटी-बैक्टीरियल साबुन, हैंड सैनिटाइजर, गीले वाइप्स, मॉस्किटो रिपेलेंट क्रीम (मच्छर भगाने वाली क्रीम), टिशू पेपर और सैनिटरी पैड्स जरूर शामिल करें। घर के गीले कचरे को ठीक से डिस्पोज करने के लिए मजबूत गारबेज बैग्स भी पास रखें।6. रेन गियर और गैजेट्स के लिए वॉटरप्रूफ कवर्सअगर किसी बेहद जरूरी काम या इमरजेंसी में आपको बारिश के बीच बाहर निकलना पड़े, तो छाता, रेनकोट और वॉटरप्रूफ जूते घर में बिल्कुल सामने होने चाहिए ताकि उन्हें ढूंढना न पड़े। इसके अलावा, मोबाइल फोन, लैपटॉप और अन्य कीमती इलेक्ट्रॉनिक गैजेट्स को सुरक्षित रखने के लिए जिपलॉक पाउच या प्लास्टिक कवर्स का इस्तेमाल करें।7. इमरजेंसी कॉन्टैक्ट्स की एक फिजिकल लिस्टमुश्किल वक्त में अक्सर घबराहट में जरूरी नंबर याद नहीं आते या फोन डिस्चार्ज होने पर भारी दिक्कत होती है। इसलिए एक डायरी या कागज पर स्थानीय प्रशासन, एम्बुलेंस, नजदीकी अस्पताल, फैमिली डॉक्टर, पुलिस स्टेशन और बिजली विभाग के इमरजेंसी हेल्पलाइन नंबर लिखकर घर में किसी ऐसी जगह चिपका दें जहाँ सब देख सकें।
अल्लू अर्जुन और लोकेश कनगराज की 'AA23' का लुक टेस्ट जल्द होगा रिवील, जानिए पूरी डिटेल!
अल्लू अर्जुन वाकई में सबसे बड़े पैन-इंडिया सुपरस्टार्स में से एक हैं। 'पुष्पा' फ्रैंचाइज़ी की शानदार सफलता के साथ एक नया बेंचमार्क सेट करने के बाद, उन्होंने अपनी अपकमिंग फिल्म 'राका' को लेकर लोगों के बीच जबरदस्त एक्साइटमेंट पैदा कर दी है, जिसके फर्स्ट लुक ने पहले ही सोशल मीडिया पर भारी तहलका मचा दिया है। हालांकि, जहां हर कोई इस फिल्म से और अपडेट्स देखने का बेसब्री से इंतजार कर रहा है, वहीं सुपरस्टार लोकेश कनगराज के साथ अपने अगले एक्साइटिंग कोलाबोरेशन के लिए भी तैयारी कर रहे हैं, जिसका टेंटेटिव टाइटल 'AA23' है। अल्लू अर्जुन जब भी कोई अपडेट शेयर करते हैं, तो तूफान आना तय होता है, और ऐसा लग रहा है कि वह एक बार फिर से ऐसा ही कुछ करने की तैयारी में हैं। ALSO READ: जब एसएस राजामौली ने प्रभास को दी थी घर पर घोड़ा पालने की सलाह, 'बाहुबली' से पढ़ें यह मजेदार किस्सा! एक इंडिपेंडेंट इंडस्ट्री सोर्स के मुताबिक, AA23 के मेकर्स एक बीटीएस (बिहाइंड द सीन्स) वीडियो रिलीज करने की तैयारी कर रहे हैं, जिसमें अल्लू अर्जुन का लुक टेस्ट दिखाया जाएगा। रिपोर्ट के अनुसार, डायरेक्टर लोकेश कनगराज ने हाल ही में यह लुक टेस्ट किया है और आने वाले दिनों में इस फुटेज को सामने लाया जा सकता है। सोर्स ने आगे बताया, यह वीडियो फिल्म का ऑफिशियल टाइटल अनाउंसमेंट टीज़र नहीं होगा, बल्कि एक प्रमोशनल झलक होगी जो फैंस को इस अपकमिंग एक्शन एंटरटेनर का एक शुरुआती लुक देगी। हालांकि, मेकर्स की तरफ से अभी तक इसकी ऑफिशियल अनाउंसमेंट होना बाकी है। 'AA23' के अनाउंसमेंट टीज़र में अल्लू अर्जुन को वह सिग्नेचर सिल्वर कड़ा पहने हुए देखा गया है जो अक्सर लोकेश कनगराज की फिल्मों से जुड़ा होता है, जो एक स्टाइलिश और वेस्टर्न-इंस्पायर्ड लुक की तरफ इशारा करता है। इस फिल्म का म्यूजिक और बैकग्राउंड स्कोर अनिरुद्ध रविचंदर कंपोज करेंगे, जो अल्लू अर्जुन के साथ उनका पहला कोलाबोरेशन होगा। इसके अलावा, हीसेनबर्ग द्वारा लिखे गए '23 थीम' ने रिलीज के बाद ऑनलाइन काफी सुर्खियां बटोरी थीं। अल्लू अर्जुन ने अपनी अपकमिंग फिल्म 'राका' के अनाउंसमेंट के साथ एक बार फिर देश भर में तहलका मचा दिया है। भले ही यह उनके नए अवतार का सिर्फ एक पोस्टर रिवील था, लेकिन यह देश भर में एक सनसनी बन गया और अब तक के सबसे बड़े कैरेक्टर रिवील्स में से एक साबित हुआ। अब, देश भर के दर्शक उन्हें बड़े पर्दे पर और ज्यादा देखने का बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं।
सफेद बाल, चेहरे पर गजब की शालीनता और बेहद फर्राटेदार अंग्रेजी। छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर के एक आलीशान 7 मंजिला लग्जरी होटल में जब यह 69 साल का बुजुर्ग पहुंचा, तो उसकी रईसी देखकर होटल के बड़े-बड़े अधिकारियों को भी उस पर रत्ती भर शक नहीं हुआ। वह दो दिनों तक होटल में पूरे ठाठ-बाठ से रहा और फिर दो बैग लेकर चुपचाप नौ दो ग्यारह हो गया। जब होटल स्टाफ को असलियत का पता चला, तो उनके पैरों तले जमीन खिसक गई। वह बुजुर्ग न सिर्फ ₹63,755 का बिल चुकाए बिना भागा था, बल्कि स्टाफ का एक कीमती लैपटॉप भी पार कर गया था। यह शातिर कहानी है विंसेंट जॉन (Vincent John) की, जिसने पिछले तीन दशकों से देश के सैकड़ों फाइव-स्टार होटलों को चूना लगाकर पुलिस की नाक में दम कर रखा था।टूरिस्ट गाइड से कैसे बना लग्जरी होटलों का सबसे बड़ा ठग?विंसेंट जॉन मूल रूप से तमिलनाडु के थूथुकुडी जिले का रहने वाला है। एक अच्छे इंग्लिश मीडियम स्कूल से पढ़ा-लिखा विंसेंट अविवाहित है। 1980 के दशक में उसने दिल्ली में एक टूरिस्ट गाइड के रूप में अपने करियर की शुरुआत की थी। गाइड होने की वजह से उसे अक्सर बड़े और महंगे होटलों में मुफ्त में रुकने का मौका मिलता था। बस यहीं से उसे फाइव-स्टार लाइफस्टाइल और आलीशान होटलों में रहने का चस्का लग गया। पुलिस की जांच में सामने आया है कि वह अब तक दिल्ली, पश्चिम बंगाल, महाराष्ट्र, गोवा और केरल समेत देश के कई राज्यों के बड़े होटलों में लाखों की चपत लगा चुका है।जिलत का बदला लेने के लिए चुना जुर्म का रास्ता, चार्ल्स शोभराज को माना गुरुआखिर इस पढ़े-लिखे बुजुर्ग ने ठगी का यह रास्ता क्यों चुना? जांच अधिकारी पीयूष बघेल ने बताया कि करियर के शुरुआती दिनों में एक आलीशान होटल के मैनेजमेंट ने विंसेंट को किसी बात पर बुरी तरह जलील (Insult) किया था। विंसेंट ने इस बेइज्जती को अपने दिल पर ले लिया और ठान लिया कि वह इन बड़े-बड़े होटलों से इसका बदला लेगा और कभी इन्हें एक रुपया भी नहीं देगा। वह पहली बार साल 1996 में दिल्ली पुलिस के हत्थे चढ़ा था। तिहाड़ जेल में रहने के दौरान उसने दुनिया के मशहूर ठग और बिकनी किलर चार्ल्स शोभराज (Charles Sobhraj) की कहानियां सुनीं और उसके शातिर दिमाग का ऐसा फैन हुआ कि उसने ठगी को ही अपना फुल-टाइम प्रोफेशन बना लिया।'अखबारों से भरा बैग और झूठा रोब' — ठगी का बेहद शातिर स्टाइलविंसेंट जॉन के ठगी करने का तरीका किसी फिल्मी स्क्रिप्ट जैसा है। वह होटलों में कभी योगा टीचर, कभी इंग्लिश प्रोफेसर तो कभी कॉर्पोरेट इवेंट ऑर्गेनाइजर बनकर बड़ी ही धमक के साथ एंट्री लेता था। होटल आते वक्त उसके पास हमेशा दो वीआईपी बैग होते थे। एक बैग में उसका असली सामान होता था और दूसरे बैग में वह केवल रद्दी अखबार या भारी तकिए भरकर रखता था। वह सुरक्षा जांच के समय स्टाफ को अपना बैग कभी छूने नहीं देता था। जब उसे होटल से रफूचक्कर होना होता था, तब वह अखबारों वाला बैग कमरे में ही छोड़ जाता था ताकि हाउसकीपिंग स्टाफ को लगे कि मेहमान अभी होटल में ही रुका हुआ है और कोई शक न करे।रायपुर के 5-स्टार होटल में ऐसे किया कांड, ₹1.48 लाख का लैपटॉप उड़ायारायपुर के फाइव-स्टार होटल में विंसेंट एक बड़ा इवेंट ऑर्गेनाइजर बनकर रुका था। अपनी मीठी बातों और अंग्रेजी के रौब से उसने होटल के एक भोले-भाले कर्मचारी को जाल में फंसाया और उसे एक बड़ी कंपनी में ऊंची सैलरी वाली नौकरी का लालच दिया। इसी बहाने उसने उस कर्मचारी का ₹1.48 लाख का कीमती लैपटॉप उड़ा लिया। होटल में रुकने के दौरान उसने महंगी विदेशी शराब और सिगरेट्स के ऑर्डर दिए, जबकि वह असल जिंदगी में न तो शराब पीता है और न ही स्मोक करता है। भागने से पहले उसने रिसेप्शन पर झूठ कहा कि उसका बेटा भी आने वाला है, इसलिए एक और कमरा बुक कर दें और मौका मिलते ही वह बिल दिए बिना गायब हो गया।पुलिस के सामने रोने का नाटक; बदनामी के डर से केस नहीं करते थे होटलचोरी किए गए लैपटॉप को तुरंत बेचकर विंसेंट ट्रेन से ओडिशा के भुवनेश्वर भाग गया था, लेकिन रायपुर पुलिस की मुस्तैद टीम ने मोबाइल लोकेशन के आधार पर उसे दबोच लिया। गिरफ्तारी के बाद पुलिस के सामने वह बेहद सीधा, शरीफ और पछतावे से भरा चेहरा बना लेता है। उसने पुलिस से रोते हुए कहा, साहब, यह मेरा आखिरी गुनाह था, अब मैं सुधरकर गोवा के किसी ओल्ड एज होम (वृद्धाश्रम) में अपनी बाकी जिंदगी बिताना चाहता हूँ। हालांकि, पुलिस का कहना है कि यह विंसेंट का पुराना पैंतरा है और वह हर बार पकड़े जाने पर यही इमोशनल ड्रामा करता है। देश के कई बड़े फाइव-स्टार होटल अपनी साख और बदनामी के डर से पुलिस में शिकायत दर्ज नहीं कराते थे, जिसका फायदा विंसेंट पिछले 30 सालों से उठा रहा था।
अमरीकी हमलों की दूसरी रात के बाद ईरानी नेतृत्व ने ट्रंप को चेताया, हमला करोगे तो जवाब मिलेगा
तेहरान। अमरीका और ईरान के बीच लगातार दूसरी रात हमलों के आदान-प्रदान के बाद ईरानी नेतृत्व ने अमेरिकी प्रशासन को कड़ी चेतावनी दी है। अमरीका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने सैन्य अभियान का दायरा होर्मुज जलडमरूमध्य से आगे बढ़ाते हुए ईरान के रणनीतिक बंदरगाह शहर चाबहार तक कर दिया है। ईरान के इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड […] The post अमरीकी हमलों की दूसरी रात के बाद ईरानी नेतृत्व ने ट्रंप को चेताया, हमला करोगे तो जवाब मिलेगा appeared first on Sabguru News .
महाप्रभु जगन्नाथ: रथ यात्रा के पावन अवसर पर सिनेमाघरों में होगी रिलीज
आस्था, संस्कृति और भारतीय परंपराओं को भव्य एनिमेशन के जरिए बड़े पर्दे पर उतारने वाली बहुप्रतीक्षित फिल्म 'महाप्रभु जगन्नाथ' अब 17 जुलाई 2026 को देशभर के सिनेमाघरों में रिलीज होगी। खास बात यह है कि फिल्म 16 जुलाई को होने वाली पवित्र जगन्नाथ रथ यात्रा के ठीक अगले दिन दर्शकों के बीच पहुंचेगी। 'महाप्रभु जगन्नाथ' एक पारिवारिक एनिमेटेड फिल्म है, जिसमें भारतीय संस्कृति, परंपराओं और आध्यात्मिक मूल्यों को आधुनिक एनिमेशन तकनीक के साथ पेश किया गया है। फिल्म का उद्देश्य बच्चों से लेकर बड़ों तक हर आयु वर्ग के दर्शकों को एक साथ जोड़ना है। इस फिल्म का निर्माण दुर्गा प्रसाद दलई ने एले एनिमेशन्स प्राइवेट लिमिटेड के बैनर तले किया है। यह उनकी लोकप्रिय एनिमेटेड सीरीज 'जय जगन्नाथ' की विरासत को आगे बढ़ाती है, जिसे टेलीविजन पर प्रसारण के दौरान लाखों दर्शकों का प्यार मिला था। 300 से ज्यादा स्क्रीन पर होगी रिलीज फिल्म को देशभर में बड़े स्तर पर रिलीज करने के लिए सिनेपोलिस के साथ साझेदारी की गई है। 'महाप्रभु जगन्नाथ' को 300 से अधिक स्क्रीन पर हिंदी, ओड़िया और तेलुगु भाषाओं में रिलीज किया जाएगा। इसके अलावा फिल्म चुनिंदा अंतरराष्ट्रीय बाजारों में भी दर्शकों के लिए उपलब्ध होगी। मजबूत टीम ने संभाली जिम्मेदारी फिल्म का निर्देशन श्रीपाद वारखेडकर ने किया है, जबकि इसकी कहानी और संवाद पल्लवी शर्मा ने लिखे हैं। निर्माताओं का दावा है कि कहानी भावनात्मक रूप से बच्चों और बड़ों, दोनों को जोड़ने में सफल होगी। वहीं, अविरल कुमार का संगीत फिल्म के आध्यात्मिक और भव्य माहौल को और प्रभावशाली बनाता है। 2008 से उच्च गुणवत्ता वाला कंटेंट बना रही है कंपनी भुवनेश्वर स्थित एले एनिमेशन्स प्राइवेट लिमिटेड वर्ष 2008 से भारतीय और अंतरराष्ट्रीय दर्शकों के लिए उच्च गुणवत्ता वाला एनिमेटेड कंटेंट तैयार कर रही है। अब कंपनी 'महाप्रभु जगन्नाथ' के जरिए भारतीय संस्कृति और भगवान जगन्नाथ की परंपरा को बड़े पर्दे पर नए अंदाज में प्रस्तुत करने जा रही है। रथ यात्रा के पावन अवसर पर रिलीज होने वाली यह फिल्म आस्था, संस्कृति और आधुनिक एनिमेशन का ऐसा संगम पेश करने का दावा करती है, जो पूरे परिवार के लिए यादगार सिनेमाई अनुभव बन सकता है।
निसान ने दुनिया के लिए पेश की भारत में बनी नई टेकटॉन, कीमत 10.49 लाख रुपए से शुरू
नई दिल्ली। जापानी कार निर्माता कंपनी निसान मोटर की भारतीय इकाई निसान मोटर इंडिया ने गुरुवार को भारत में आयोजित विश्व प्रीमियर के दौरान नयी निसान टेकटॉन बाजार में पेश की। इस साल भारत में पेश किया गया यह निसान का दूसरा नया मॉडल है। यह दो इंजन विकल्पों टर्बो टी160 औ टर्बो टी280 में […] The post निसान ने दुनिया के लिए पेश की भारत में बनी नई टेकटॉन, कीमत 10.49 लाख रुपए से शुरू appeared first on Sabguru News .
श्रीगंगानगर : नाबालिग पुत्र की हत्या करने के दोषी पिता को आजीवन कारावास
श्रीगंगानगर। राजस्थान में श्रीगंगानगर जिले के रायसिंहनगर के अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायालय ने अपने ही नाबालिग पुत्र की हत्या करने के आरोपी को गुरुवार को दोषी मानते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई। अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश विपिन बिश्नोई ने अभियुक्त राजकुमार उर्फ निक्कू को शराब के नशे में उसके 13 वर्षीय पुत्र […] The post श्रीगंगानगर : नाबालिग पुत्र की हत्या करने के दोषी पिता को आजीवन कारावास appeared first on Sabguru News .
झुंझुनूं में पुत्र ने चाकू से वार करके मां को मार डाला
झुंझुनूं। राजस्थान में झुंझुनूं जिले के नवलगढ़ थाना क्षेत्र में बुधवार को एक व्यक्ति ने मां की चाकुओं के वार से हत्या कर दी। प्राप्त जानकारी के अनुसार सार्वजनिक निर्माण विभाग में बाबू के पद पर पदस्थ राजवीर (28) ने अपनी मां प्रभाती देवी (59) पर चाकुओं के कई वार किए, जिससे उसकी मौके पर […] The post झुंझुनूं में पुत्र ने चाकू से वार करके मां को मार डाला appeared first on Sabguru News .
'द इंडिया स्टोरी' का नया पोस्टर हुआ रिलीज, गुस्साई भीड़ के बीच फंसे काजल अग्रवाल और श्रेयस तलपड़े
सामाजिक मुद्दे पर आधारित आगामी कोर्टरूम ड्रामा फिल्म 'द इंडिया स्टोरी' के निर्माताओं ने फिल्म का एक और प्रभावशाली पोस्टर जारी किया है, जिसने दर्शकों के बीच फिल्म को लेकर उत्सुकता और बढ़ा दी है। ज़ी स्टूडियोज़ के सहयोग से एमआईजी प्रोडक्शन एंड स्टूडियोज़ द्वारा प्रस्तुत इस फिल्म का निर्देशन चेतन डीके ने किया है, जबकि इसकी कहानी और निर्माण की जिम्मेदारी सागर बी. शिंदे ने संभाली है। कीटनाशक खेती और इसके स्वास्थ्य पर पड़ने वाले गंभीर प्रभावों जैसे संवेदनशील विषय को उठाने वाली यह फिल्म एक दिलचस्प कोर्टरूम ड्रामा के जरिए एक बड़े सामाजिक मुद्दे को सामने लाती है। रिलीज हुए नए पोस्टर में काजल अग्रवाल और श्रेयस तलपड़े एक तनावपूर्ण और भावनात्मक स्थिति में नजर आ रहे हैं, जो इस बात की ओर इशारा करता है कि फिल्म में उनके किरदार एक बड़ी सच्चाई को उजागर करने के लिए कठिन संघर्ष से गुजरते हैं। A post shared by Zee Studios (@zeestudiosofficial) सब्जी मंडी के माहौल में सेट यह पोस्टर डर, गुस्से और विरोध की तीव्र भावना को दर्शाता है। पोस्टर में काजल अग्रवाल और श्रेयस तलपड़े को एक आक्रोशित भीड़ से घिरा हुआ दिखाया गया है, जहां गुस्साए विक्रेता उन पर उंगलियां उठा रहे हैं और सब्जियां फेंक रहे हैं। कलाकारों के चेहरे पर दिखता डर, हवा में उड़ती सब्जियां और उग्र भीड़ फिल्म में सच सामने लाने वालों के सामने आने वाली चुनौतियों को बखूबी दर्शाते हैं। ऐसे में पोस्टर पर लिखा टैगलाइन स्लो पॉइज़न इन प्रोग्रेस फिल्म के मुख्य विषय को और मजबूत करता है। यह एक ऐसे छिपे खतरे की ओर भी इशारा करता है, जो धीरे-धीरे लाखों लोगों को प्रभावित कर रहा है। बॉलीवुड की अन्य लेटेस्ट खबर पढ़ने के लिए क्लिक करें इस विषय में निर्देशक चेतन डीके कहते हैं, यह पोस्टर सच बोलने की कीमत को दर्शाता है। जब किसी झूठ पर आधारित व्यवस्था को चुनौती दी जाती है, तो सबसे पहली प्रतिक्रिया अक्सर डर और गुस्से के रूप में सामने आती है। 'द इंडिया स्टोरी' का हर फ्रेम इसी संघर्ष को दिखाने और दर्शकों को यह सोचने पर मजबूर करने के लिए बनाया गया है कि वे क्या खा रहे हैं और किस पर विश्वास कर रहे हैं। इस फिल्म के सह-निर्माता स्वाति विनायक सैंदाने, अनीता जाधव, विनायक सैंदाने, कल्पेश शाह, देवयानी खोराटे और प्रेम जोशी हैं। फिल्म की तकनीकी टीम में सिनेमैटोग्राफर निशांत भागवत, संगीतकार मंगेश धकड़े, एडिटर आशीष म्हात्रे, गीतकार शकील आज़मी और साउंड डिजाइनर अनमोल भावे शामिल हैं। यह फिल्म 24 जुलाई 2026 को दुनियाभर के सिनेमाघरों में रिलीज़ होगी और हिंदी, तेलुगु और तमिल भाषाओं में दर्शकों के सामने आएगी।
गौतम गंभीर की कोचिंग के 2 साल पूरे हुए, क्या खोया क्या पाया?
गौतम गंभीर जबसे टीम इंडिया के कोच बने तबसे वह आलोचना और तारीफ दोनों को पा रहे हैं। वह कभी भी सुर्खियों से गायब नहीं हुए। आज ही 2 साल पहले गौतम गंभीर भारतीय टीम के मुख्य कोच बने थे। इन 2 सालों में काफी कुछ बदला है। नजर डालते हैं गौतम गंभीर की उपलब्धियों और नाकामियों पर - सफेद गेंद के सफलतम भारतीय कोच गौतम गंभीर पहले ऐसे भारतीय कोच हो गए हैं जिनकी कोचिंग में भारत ने 2 आईसीसी खिताब अपने नाम किए। पहले चैंपियन्स ट्रॉफी 2025 और अब टी-20 विश्वकप 2026। भारत ने इस साल टी-20 विश्वकप के फाइनल में में बेजोड़ प्रदर्शन करते हुए न्यूजीलैंड को 96 रन से हराकर अपना तीसरा टी20 विश्व कप खिताब जीता। इससे पहले न्यूजीलैंड के खिलाफ ही भारतीय टीम ने दुबई में खेले गए चैंपियन्स ट्रॉफी फाइनल में जीत हासिल की थी। तब भी कोच गौतम गंभीर ही थे। हालांकि उन्हें सिर्फ 6 महीने से ज्यादा का समय हुआ था। हालांकि इस सिक्के के कुछ पहलू भी है। गौतम गंभीर ने रोहित शर्मा से लेकर शुभमन गिल और सूर्यकुमार यादव से लेकर श्रेयस अय्यर की कप्तानी में कोचिंग की। भारत को ऑस्ट्रेलिया से एकदिवसीय सीरीज 2-1 से गंवानी पड़ी वहीं न्यूजीलैंड से घर पर भारत को 2-1 से सीरीज गंवानी पड़ी। 3 साल बाद यह भारत को घरेलू धरती पर सीरीज गंवानी पड़ी। इसमें अंतिम मैच इंदौर में था जहां पहली बार भारत एकदिवसीय मैच हारा। वहीं हाल फिलहाल में आयरलैंड के खिलाफ 0-2 से भारत ने सीरीज गंवाई। आयरलैंड से सीरीज गंवाने वाले गौतम गंभीर पहले भारतीय कप्तान बने। भारतीय टेस्ट टीम 2 बार हुई वाइटवॉश, विश्व टेस्ट चैंपियनशिप फाइनल चूकी पिछले साल दक्षिण अफ्रीका ने गुवाहाटी में भारत को 2-0 से हराकर टेस्ट श्रृंखला अपने नाम की जिससे मेजबान टीम को मुख्य कोच गौतम गंभीर के मार्गदर्शन में तीसरी टेस्ट श्रृंखला में हार का मुंह देखना पड़ा। इस तरह गंभीर का 16 महीने का सफर उतार-चढ़ाव भरा रहा। इस दौरान भारत को घरेलू मैदान पर न्यूजीलैंड से 0-3, ऑस्ट्रेलिया से उसकी सरजमीं पर 1-3 से और अब घरेलू मैदान पर दक्षिण अफ्रीका से 0-2 से हार मिली।इंग्लैंड दौरे पर जरूर मिंया मैजिक के कारण सीरीज बराबर हुई लेकिन वहां भी टीम इंडिया 2 टेस्ट मैच हारी। इससे गंभीर का बतौर कोच टेस्ट कोचिंग रिकॉर्ड 19 मैच में सात जीत, 10 हार और दो ड्रॉ है जिसमें जीत का प्रतिशत महज 36.82 है।वह केवल डंकन फ्लेचर से आगे हैं जिनकी जीत का प्रतिशत 33.33 (39 टेस्ट में 13 जीत, 17 हार, 9 ड्रॉ) रहा है।वहीं 21वीं सदी में भारतीय जमीन पर उनका बतौर टेस्ट क्रिकेट कोच सबसे खराब रिकॉर्ड हो चुका है। वह इस दौरान पहले ऐसे कोच हैं जिनकी हार ज्यादा है और जीत कम है।
कब है गुरु पूर्णिमा 2026 में? जानें तिथि, मुहूर्त, महत्व और पूजा विधि
भारतीय संस्कृति और हिंदू धर्म में गुरु पूर्णिमा का पर्व एक विशेष स्थान रखता है। आषाढ़ मास की पूर्णिमा को मनाया जाने वाला यह पावन उत्सव गुरु के प्रति अगाध श्रद्धा, कृतज्ञता और आदर प्रकट करने का दिन है। गुरु ही वह मार्गदर्शक हैं जो साधक को अज्ञान के तिमिर से निकालकर ज्ञान के आलोक की ओर ले जाते हैं। वर्ष 2026 में यह पावन पर्व 29 जुलाई, बुधवार को मनाया जाएगा। आइए जानते हैं इससे जुड़ी तिथियां, शुभ मुहूर्त, आध्यात्मिक महत्व और प्रामाणिक पूजन विधि। तिथि एवं शुभ मुहूर्त: पूर्णिमा तिथि का आरंभ: 28 जुलाई 2026 को सायंकाल 06:18 बजे से पूर्णिमा तिथि का समापन: 29 जुलाई 2026 को रात्रि 08:05 बजे तक गुरु पूजन का सर्वश्रेष्ठ समय: 29 जुलाई को प्रातः 05:41 से 09:05 तक का समय आराधना के लिए सर्वोत्तम है। चूँकि सनातन धर्म में उदयातिथि का विशेष महत्व है, इसलिए 29 जुलाई को पूरे दिन श्रद्धाभाव से गुरु वंदन किया जा सकता है। राहुकाल (वर्जित समय): दोपहर 12:27 से 02:08 तक रहेगा। शास्त्रों के अनुसार इस समयावधि में मुख्य पूजा करने से बचना चाहिए। गुरु पूर्णिमा का ऐतिहासिक एवं आध्यात्मिक महत्व इस पावन पर्व की जड़े हमारे पौराणिक इतिहास और दर्शन से गहराई से जुड़ी हुई हैं: आदिगुरु महर्षि वेदव्यास की जयंती: पौराणिक मान्यताओं के अनुसार, इसी शुभ तिथि पर चारों वेदों के वर्गीकरण कर्ता और महाभारत जैसे महान महाकाव्य के रचयिता महर्षि कृष्णद्वैपायन वेदव्यास जी का अवतरण हुआ था। इसी कारण इस दिन को 'व्यास पूर्णिमा' भी कहा जाता है। वे मानव चेतना के आदिगुरु स्वीकार किए जाते हैं। महान आचार्यों का स्मरण: यह दिन सनातन परंपरा के उन महान स्तंभों को याद करने का भी है, जिन्होंने समाज को नई दिशा दी; जैसे जगद्गुरु श्री आदि शंकराचार्य, श्री रामानुजाचार्य और श्री माधवाचार्य। अज्ञान के अंधकार का नाश: 'गुरु' शब्द स्वयं में एक महामंत्र है। यहाँ 'गु' का तात्पर्य अंधकार (अज्ञान) से है और 'रु' का अर्थ है उसका निरोध या विनाश करने वाला। जो शिष्य के जीवन से अज्ञानता को मिटा दे, वही गुरु है। ग्रह नक्षत्रों का शुभ प्रभाव: ज्योतिषीय दृष्टि से इस दिन चंद्रमा अपने पूर्ण वैभव में होता है। साथ ही, गुरु का सीधा संबंध देवगुरु बृहस्पति से है, जो बुद्धि, विवेक और आध्यात्मिक उन्नति के कारक हैं। इस दिन गुरु कृपा से कुंडली के कई दोष स्वतः शांत हो जाते हैं। गुरु पूर्णिमा पूजन विधि: गुरु पूर्णिमा के दिन न केवल दीक्षा देने वाले गुरु, बल्कि माता-पिता और घर के बड़े-बुजुर्गों (जिन्हें हम अपना पहला गुरु मानते हैं) का पूजन किया जाता है। इसकी सरल एवं सात्विक विधि निम्नलिखित है: 1. पावन स्नान एवं संकल्प पूर्णिमा के दिन सूर्योदय से पूर्व (ब्रह्म मुहूर्त में) उठकर घर की साफ-सफाई करें। स्नान के पश्चात स्वच्छ, सात्विक वस्त्र (यदि संभव हो तो पीले या सफेद रंग के) धारण करें और व्रत या पूजा का मानसिक संकल्प लें। 2. देव-चौकी का निर्माण घर के ईशान कोण (उत्तर-पूर्व दिशा) या पूर्व दिशा में एक पवित्र चौकी स्थापित करें। उस पर पीला या श्वेत वस्त्र बिछाकर महर्षि वेदव्यास, भगवान विष्णु या अपने व्यक्तिगत दीक्षा-गुरु के चित्र को सुशोभित करें। 3. षोडशोपचार या पंचोपचार पूजन शुद्ध घी का दीपक और सुगंधित धूप प्रज्वलित करें। इसके बाद रोली, चंदन, अक्षत (बिना टूटे चावल), पुष्प और मौसमी फल अर्पित करें। गुरुदेव के प्रिय सात्विक नैवेद्य जैसे पीली मिठाई या मखाने की खीर का भोग लगाएं। 4. मंत्र साधना एवं दिव्य आरती एकाग्रचित्त होकर गुरु मंत्र (जैसे- गुरुर ब्रह्मा गुरुर विष्णु, गुरुर देवो महेश्वरः...) का कम से कम 108 बार जाप करें। यदि आप किसी संप्रदाय से दीक्षित हैं, तो गुरु द्वारा दिए गए गुरुमंत्र का मानसिक स्मरण करें। अंत में कर्पूर जलाकर प्रेमपूर्वक आरती करें। 5. साक्षात वंदन एवं उपहार अर्पण यदि आपके गुरु साक्षात रूप में उपस्थित हैं, तो उनके चरण प्रक्षालन (धोकर) करें, तिलक लगाएं और यथाशक्ति वस्त्र, फल या दक्षिणा भेंट स्वरूप देकर उनके चरण स्पर्श कर आशीर्वाद लें। यदि गुरु दूर हैं, तो मानस पूजा कर उन्हें मन ही मन प्रणाम करें। 6. परोपकार एवं दान की महिमा इस दिन की पूर्णता दान से होती है। पूजा के उपरांत असमर्थ व जरूरतमंद लोगों को धार्मिक पुस्तकें, अन्न, पीले वस्त्र या सामर्थ्य अनुसार धन का दान अवश्य करें। ऐसा करना आत्मिक शांति और समृद्धि प्रदायक माना जाता है।
गडग में मानसिक रूप से दिव्यांग महिला से बार-बार रेप, प्रेगनेंट होने पर खुला राज
गडग। कर्नाटक के गडग जिले में मानसिक रूप से एक दिव्यांग युवती के साथ कथित तौर पर बार-बार दुष्कर्म करने का एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है। पीड़िता लगभग छह महीने की गर्भवती पाई गई है, जिसके बाद पुलिस ने आरोपी के खिलाफ जांच शुरू कर दी है। पुलिस के अनुसार रोना तालुक के […] The post गडग में मानसिक रूप से दिव्यांग महिला से बार-बार रेप, प्रेगनेंट होने पर खुला राज appeared first on Sabguru News .
'सतलुज' को ओटीटी से हटाने पर भड़कीं नीरू बाजवा, बोलीं- जनता को सच जानने का अधिकार
पंजाबी एक्टर-सिंगर दिलजीत दोसांझ की फिल्म 'सतलुज' को रिलीज के महज 48 घंटे के भीतर ही भारत में ओटीटी प्लेटफॉर्म Zee5 से अचानक हटा दिया गया। इसके बाद से कई सेलेब्स इस फिल्म के सपोर्ट में आगे आ रहे हैं। वहीं सिनेमाई स्वतंत्रता पर एक नई बहस छिड़ गई है। फिल्म को अचानक हटाए जाने के बाद दिलजीत दोसांझ के समर्थन में पंजाब और बॉलीवुड इंडस्ट्री के कई सितारे उतर आए हैं। दिलजीत की को-एक्ट्रेस और पंजाबी सिनेमा की क्वीन नीरू बाजवा ने अपनी इंस्टाग्राम स्टोरी पर एक लंबा-चौड़ा और बेहद तीखा पोस्ट साझा कर अपनी भड़ास निकाली है। ALSO READ: ब्लैक ब्रालेट में सान्या मल्होत्रा ने ढाया कहर, बोल्ड फोटोशूट ने बढ़ाया इंटरनेट का पारा नीरू बाजवा ने लिखा, मैंने 'सतलुज' देखी, भावनाएं जरूर आहत हुईं। लेकिन एक फिल्म सिर्फ एंटरटेनमेंट से कहीं ज्यादा होती है। यह इसे बनाने वालों की आवाज, उनका पैशन, उनकी सच्चाई और सालों की कड़ी मेहनत है। बिना किसी जवाबदेही के किसी के पास भी इसे चुप कराने की ताकत नहीं होनी चाहिए। नीरू ने दर्शकों के अधिकारों की वकालत करते हुए आगे लिखा, चाहे लोग फिल्म को सपोर्ट करें या उसकी आलोचना करें, यह पूरी तरह से उनका निजी फैसला होना चाहिए। जनता से उनकी पसंद का अधिकार छीनना सरासर गलत है। अगर 'सतलुज' को रोका गया है, तो जनता को सच जानने का हक है। हमें खामोशी नहीं, बल्कि साफ-साफ वजह पता होनी चाहिए। पारदर्शिता कोई प्रिविलेज (विशेषाधिकार) नहीं, बल्कि जिम्मेदारी है। नीरू बाजवा ने पंजाबियों की आवाज बुलंद करते हुए आखिर में कहा, एक पंजाबी होने के नाते, जब हमारी कहानियां हमसे छिपाई जाती हैं, तो हमें सवाल पूछने का पूरा हक है। हम कोई स्पेशल ट्रीटमेंट नहीं मांग रहे, हम बस सच, निष्पक्षता और किसी फिल्म को देखकर अपनी राय बनाने की आजादी चाहते हैं। बॉलीवुड की अन्य लेटेस्ट खबर पढ़ने के लिए क्लिक करें कौन थे जसवंत सिंह खालरा इस पूरे विवाद के केंद्र में हैं जसवंत सिंह खालरा, जिनका किरदार फिल्म में दिलजीत दोसांझ ने निभाया है। खालरा पंजाब के एक मशहूर मानवाधिकार कार्यकर्ता थे, जिन्होंने 1980 और 1990 के दशक में पंजाब में उग्रवाद के दौर के दौरान हजारों अज्ञात शवों के अवैध रूप से किए गए अंतिम संस्कार और पुलिसिया ज्यादतियों का पर्दाफाश किया था। साल 1995 में उनका अचानक अपहरण कर लिया गया और बाद में उनकी हत्या कर दी गई, जिसके लिए कई पुलिस अधिकारियों को सजा भी हुई थी। फिल्म के डायरेक्टर हनी त्रेहन के मुताबिक, यह फिल्म पूरी तरह से अदालती दस्तावेजों और ऐतिहासिक तथ्यों पर आधारित है। फिल्म के हटने पर खुद दिलजीत दोसांझ ने भी निराशा व्यक्त की, लेकिन साथ ही संतोष जताया कि दो दिनों के भीतर ही सही, पर यह कहानी जनता तक पहुंच गई। इस फिल्म का सफर शुरुआत से ही विवादों और संघर्षों से भरा रहा है। फिल्म 'सतलुज' मानवाधिकार कार्यकर्ता जसवंत सिंह खालरा के जीवन और 1990 के दशक में पंजाब के संवेदनशील हालातों पर आधारित है। जब मेकर्स ने इसे थिएटर में रिलीज करने के लिए सेंसर बोर्ड के पास भेजा, तो बोर्ड ने इस पर करीब 127 कट्स लगाने और फिल्म का नाम बदलने का आदेश दे दिया था। सेंसर बोर्ड के इन कट्स को मानने से इनकार करते हुए मेकर्स ने इसे सीधे ओटीटी प्लेटफॉर्म ZEE5 पर 3 जुलाई को बिना किसी कट के रिलीज कर दिया। मगर यह खुशी ज्यादा समय तक नहीं टिक सकी। आईटी नियम 2021 और 'राष्ट्रीय सुरक्षा कारणों' का हवाला देते हुए केंद्र सरकार ने ZEE5 को इसे तुरंत हटाने का निर्देश दिया, जिसके बाद 5 जुलाई को फिल्म को भारत में 'पॉज' कर दिया गया।
अशोक सिंह ने कांग्रेस छोड़ी, अनुशासन समिति के नोटिस से नाराज होकर दिया इस्तीफा
लखनऊ। उत्तर प्रदेश कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और एआईसीसी सदस्य अशोक सिंह ने पार्टी की प्राथमिक सदस्यता से इस्तीफा दे दिया है। उन्होंने अपना इस्तीफा कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे को भेजा है। इस्तीफे में उन्होंने उत्तर प्रदेश कांग्रेस की अनुशासन समिति द्वारा जारी कारण बताओ नोटिस पर नाराजगी जताते हुए इसे अपने फैसले की प्रमुख […] The post अशोक सिंह ने कांग्रेस छोड़ी, अनुशासन समिति के नोटिस से नाराज होकर दिया इस्तीफा appeared first on Sabguru News .
कर्नाटक में एमयूवी और लॉरी की टक्कर में 7 लोगों की मौत, दो गंभीर घायल
कारवार। कर्नाटक के उत्तर कन्नड़ जिले में गुरुवार तड़के एक बहु उपयोगी वाहन (एमयूवी) की लॉरी से आमने-सामने की टक्कर में 7 लोगों की मौत हो गई और दो अन्य गंभीर रूप से घायल हो गए। यह हादसा रात करीब 1.30 बजे येल्लापुर पुलिस स्टेशन के अधिकार क्षेत्र में राष्ट्रीय राजमार्ग 52 पर अराबैल घाट […] The post कर्नाटक में एमयूवी और लॉरी की टक्कर में 7 लोगों की मौत, दो गंभीर घायल appeared first on Sabguru News .
दिल्ली के रोहिणी में निर्माणाधीन इमारत गिरने से तीन लोगों की मौत
नई दिल्ली। राष्ट्रीय राजधानी के रोहिणी सेक्टर-16 में एक निर्माणाधीन तीन मंजिला इमारत के ढ़हने से कम से कम तीन लोगों की मौत हो गई, जबकि एक मजदूर को बचा लिया गया। बचाव अभियान बुधवार की शाम से अभी तक जारी है। मलबे से तीन शव बरामद किये गये और मृतकों की पहचान स्थानीय निवासी […] The post दिल्ली के रोहिणी में निर्माणाधीन इमारत गिरने से तीन लोगों की मौत appeared first on Sabguru News .
सिल्क साड़ी में जाह्नवी कपूर ने बिखेरा जलवा, ट्रेडिशनल आउटफिट में लगाया बोल्डनेस का तड़का
बॉलीवुड की यंग और खूबसूरत एक्ट्रेस जाह्नवी कपूर अपने बेहतरीन फैशन सेंस के लिए जानी जाती हैं। हाल ही में उन्होंने अपने इंस्टाग्राम अकाउंट पर कुछ तस्वीरें शेयर की हैं, जो इंटरनेट पर तेजी से वायरल हो रही हैं। इन लेटेस्ट तस्वीरों में जाह्नवी का एक अलग ही अंदाज देखने को मिल रहा है, जहां उन्होंने भारतीय परंपरा को बोल्डनेस के साथ पेश किया है। ALSO READ: 66 की उम्र में भी ग्लैमरस हैं संगीता बिजलानी, सलमान खान संग शादी के छप गए थे कार्ड तस्वीरों में जाह्नवी कपूर ने एक बेहद खूबसूरत लैवेंडर और गोल्डन शेड वाली सिल्क साड़ी पहनी हुई है। साड़ी का बॉर्डर काफी हैवी है, जो इसे बेहद रॉयल लुक दे रहा है। साड़ी के साथ जाह्नवी ने मैचिंग स्ट्रैपलेस स्टाइल ब्लाउज कैरी किया है, जो उनके इस एथनिक लुक में मॉडर्न और ग्लैमरस टच जोड़ रहा है। तस्वीरों में जाह्नवी एक से बढ़कर एक सेक्सी और अट्रैक्टिव पोज देते नजर आ रही हैं। वह अपना परफेक्ट फिगर फ्लॉन्ट करती दिख रही हैं। उनके इन बोल्ड पोज ने ट्रेडिशनल लुक में भी हॉटनेस का तड़का लगा दिया है। बॉलीवुड की अन्य लेटेस्ट खबर पढ़ने के लिए क्लिक करें जाह्नवी ने न्यूड-ग्लॉसी लिपस्टिक, सटल मेकअप, विंग्ड आईलाइनर और माथे पर एक छोटी सी बिंदी के साथ अपने चेहरे की खूबसूरती को निखारा है। इस रॉयल लुक को पूरा करने के लिए जाह्नवी ने अपने बालों का एक नीट और क्लीन स्लीक जूड़ा (Sleek Bun) बनाया हुआ है, जिसे पारंपरिक हेयर एक्सेसरीज से सजाया गया है। ज्वेलरी की बात करें तो उन्होंने गले में एक बेहद हैवी कुंदन और पर्ल का चोकर नेकलेस, मैचिंग झुमके, हाथों में ढेर सारी खूबसूरत चूड़ियां, बाजूबंद और अंगूठियां पहनी हुई हैं, जो उनके लुक में चार चांद लगा रहे हैं।
धरती के बारे में 25 हैरान कर देने वाले तथ्य, जिन्हें जानकर आप भी रह जाएंगे दंग
धरती के बारे में आमतौर पर लोग यह जानते हैं कि इसके 75 प्रतिशत हिस्से पर समुद्र है। बाकि पर ज्वालामुखी, पहाड़, जंगल, नदियां, सागर, महासागर, रेगिस्तान, बर्फिले क्षेत्र, मैदान, पठार, सुनसान जगहें, दो ध्रुव, दिन-रात और ऊपर आसमान है। लेकिन यदि एक बार आप धरती को खंगालना शुरू करते हैं कि तो यह ग्रह वास्तव में कैसे काम करता है, तो चीजें बहुत जल्दी अजीब होने लगती हैं। ये कुछ ऐसे तथ्य हैं जो सुनने में साइंस फिक्शन जैसे लगते हैं, लेकिन ये सभी बिल्कुल सच हैं। अद्भुत और हैरान करने वाले तथ्य 1. पृथ्वी पूरी तरह गोल नहीं है: धरती न तो गोल है और न ही चपटी। यह ध्रुवों (poles) पर थोड़ी चपटी है और भूमध्य रेखा (equator) पर थोड़ी उभरी हुई है क्योंकि यह घूमती है। 2. एक ऐसी जगह है जहाँ लगभग कभी बारिश नहीं होती: अंटार्कटिका की सूखी घाटियों (Dry Valleys) में पिछले लगभग बीस लाख वर्षों से बारिश नहीं हुई है। ALSO READ: धरती के भीतर मिला महासागरों से भी बड़ा छिपा हुआ जल भंडार, वैज्ञानिकों की खोज ने चौंकाया 3. पृथ्वी का कोर (केन्द्र) बेहद गर्म है: धरती के केंद्र लगभग उतना ही गर्म है जितना कि सूर्य की सतह है। 4. दिन की लंबाई धीरे-धीरे बदल रही है: बहुत ज़्यादा तो नहीं, लेकिन पृथ्वी के घूमने की गति धीरे-धीरे कम हो रही है, जिसका मतलब है कि समय के साथ दिन लंबे होते जा रहे हैं। 5. गुप्त महासागर और समुद्री नदियां: धरती पर हिंद महासागर, अटलांटिक महासागर, दक्षिणी महासागर, आर्कटिक महासागर और प्रशांत महासागर सहित कुल 5 महासागर है 50 से अधिक सागर है। जैसे अरब सागर, भूमध्य सागर या लाल सागर, बंगाल सागर आदि। प्रशांत महासागर अविश्वसनीय रूप से विशाल है, क्योंकि दुनिया के सभी महाद्वीप इसमें समा सकते हैं, और फिर भी जगह बच जाएगी। लेकिन धरती के 660 किलोमीटर नीचे इन सभी महासागरों से भी बड़ा एक महासागर है। समुद्र के भीतर भी नदियाँ मौजूद हैं जो अत्यधिक खारा और भारी पानी महासागरों के तल पर बहता है। 6. समुद्र के भीतर एवरेस्ट से भी बड़ा पहाड़: धरती पर मौजूद एवरेस्ट के पहाड़ को सबसे ऊंचा पहाड़ माना जाता है लेकिन हवाई (Hawaii) का मौना केआ (Mauna Kea) पहाड़ समुद्र के अंदर सबसे बड़ा पहाड़ है। इसकी कुल लंबाई 10,210 मीटर है। यह माउंट एवरेस्ट से भी ज्यादा ऊंचा है। दूसरा तथ्य यह कि माउंट एवरेस्ट अभी भी बढ़ रहा है। विवर्तनिक हलचल (tectonic movement) के कारण यह हर साल कुछ मिलीमीटर बढ़ जाता है। ALSO READ: धरती का विकल्प बन सकते हैं ये 4 ग्रह? जेम्स वेब और केप्लर की खोज ने चौंकाया 7. हमारा ग्रह हर समय कंपन करता है: यहाँ लगातार एक अनदेखा और अनसुना, कम आवृत्ति (low-frequency) का कंपन होता रहता है। 9. बिजली गिरना कभी पूरी तरह बंद नहीं होता: किसी भी एक समय पर, पृथ्वी पर कहीं न कहीं बिजली की कई कड़कड़ाहटें हो रही होती हैं। 10. बादल आश्चर्यजनक रूप से भारी होते हैं: एक बड़े बादल का वजन दस लाख टन से अधिक हो सकता है। 11. मारियाना ट्रेंच: महासागर का सबसे गहरा हिस्सा बेहद खतरनाक है। मारियाना ट्रेंच (Mariana Trench) की गहराई माउंट एवरेस्ट की ऊंचाई से भी अधिक है। 12. ऐसी झीलें हैं जो अचानक जहरीली गैस छोड़ सकती हैं: यह सुनने में नाटकीय लगता है, लेकिन ऐसा पहले हो चुका है। 13. गुरुत्वाकर्षण हर जगह बिल्कुल एक समान नहीं है: आप ग्रह पर कहाँ हैं, इसके आधार पर इसमें थोड़ा अंतर आता है। ALSO READ: क्या धरती से टकराएगा विशालकाय उल्कापिंड? जानें कब सच हो सकती है यह भविष्यवाणी 14. ऐसी नदियाँ हैं जो लगभग उबल रही हैं: अमेज़न के कुछ हिस्सों में, भू-तापीय गर्मी (geothermal heat) पानी के तापमान को उबाल के करीब पहुँचा देती है। 15. पृथ्वी का कुछ पानी सूर्य से भी पुराना हो सकता है: यह सौर मंडल के पूरी तरह से अस्तित्व में आने से पहले ही बन गया होगा। 16. आप अपनी सोच से कहीं ज़्यादा तेज़ गति से चल रहे हैं: शांत बैठे होने पर भी, आप अंतरिक्ष में भारी गति से यात्रा कर रहे हैं क्योंकि पृथ्वी लगातार घूम रही है। धरती 1674 किलोमीटर से प्रतिघंटे की रफ्तार से अपनी धूरी पर घूम रही है जबकि पृथ्वी सूर्य का चक्कर लगभग 1,07,000 किलोमीटर प्रति घंटे (करीब 30 किलोमीटर प्रति सेकंड) की रफ्तार से लगा रही है। इसका अहसास आपको नहीं होता है। अंतरिक्ष से यह नजर आता है। करीब 16 बार सूर्योदय और सूर्यास्त होता है। 17. पृथ्वी के पास भी कभी छल्ले (rings) रहे होंगे: शनि ग्रह की तरह, लेकिन इसके इतिहास में केवल एक संक्षिप्त अवधि के लिए शनि ग्रह जैसे वलय होने की बात कही जाती है। इसमें लाखों मेटियोराइट्स हो सकते हैं। 18. हमारे ग्रह का कभी-कभी एक अस्थायी दूसरा चंद्रमा भी था: वैज्ञानिकों के अनुमान है कि कभी-कभी अंतरिक्ष के मलबे के छोटे टुकड़े हमारे गुरुत्वाकर्षण क्षेत्र में फंस जाते हैं जो एक अस्थाई चांद का निर्माण करते हैं। 19: बड़े भूकंप वास्तव में ग्रह को खिसका सकते हैं: धरती पर 7.0 की तिव्रता से आने वाले भूकंप एक खतरा है इसके ज्याद के भूकंप पृथ्वी के घूर्णन (rotation) और अक्ष (axis) को थोड़ा बदल सकते हैं। 20. अंतरिक्ष इतनी दूर नहीं है: तकनीकी रूप से, आप पृथ्वी से लगभग 100 किलोमीटर ऊपर पहुँचते ही अंतरिक्ष में प्रवेश कर जाते हैं। इसका अर्थ है कि आप धरती के गुरुत्वाकर्षण से दूर उसकी कक्षा में प्रवेश कर जाते हैं। 21. चुंबकीय ध्रुव समय-समय पर अपनी जगह बदलते हैं: ऐसे रिकॉर्ड दर्ज हैं जब उत्तरी और दक्षिणी ध्रुवों ने अपनी स्थिति आपस में बदल ली थी। 22. पृथ्वी नीले के अलावा दूसरे रंगों की भी हो सकती थी: शोधकर्ताओं का मानना है कि प्राचीन बैक्टीरिया द्वारा सूर्य की ऊर्जा का उपयोग करने के तरीके के कारण शुरुआती समुद्रों का रंग बैंगनी था। 23. ग्रह का अधिकांश हिस्सा अभी भी एक रहस्य है: हमने अपने महासागरों की तुलना में ग्रह का नक्शा बेहतर तरीके से तैयार किया है। महासागर का 80 प्रतिशत से अधिक हिस्सा आज भी अनन्वेषित (unexplored) है। 24. सहारा मरुस्थल में कभी झीलें, पेड़ और जानवर हुआ करते थे: कई हज़ार साल पहले इस शुष्क भूमि पर मीठे पानी के स्रोत हुआ करते थे। 25. पृथ्वी पर प्राकृतिक परमाणु प्रतिक्रियाएं हुई हैं: गैबॉन (Gabon) में, यूरेनियम के भंडारों ने कभी स्वतः चलने वाली (self-sustaining) परमाणु प्रतिक्रियाओं को जन्म दिया था। ALSO READ: विश्व पर्यावरण दिवस 2026: 'कमिटमेंट नहीं, अब एक्शन का समय', यही है धरती बचाने का सबसे बड़ा संदेश जब आप इसे इस नज़रिए से देखते हैं, तो पृथ्वी सामान्य लगना बंद हो जाती है। यह सिर्फ वह जगह नहीं है जहाँ हम रहते हैं। यह एक लगातार बदलने वाला, थोड़ा अस्त-व्यस्त और आश्चर्यजनक रूप से अनोखा ग्रह है जिसे हम अभी भी पूरी तरह से समझने की कोशिश कर रहे हैं। सबसे बड़ी बात यह कि यह ग्रह हमारी गैलेक्सी मिल्की वे में अरबों तारों के बीच एक रेत के कण जितना बड़ा है। ब्रह्मांड में 2 लाख से अधिक गैलेक्सियां खोजी गई है।
भीलवाड़ा में ठगी और ब्लैकमेल करने वाले गिरोह का पर्दाफाश
भीलवाड़ा। राजस्थान में भीलवाड़ा के शंभूगढ़ थाना क्षेत्र में पुलिस ने नाता विवाह के नाम पर लाखों रुपए की ठगी और ब्लैकमेलिंग करने वाले एक कथित गिरोह का पर्दाफाश करते हुए एक महिला सहित दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपी शादी के बाद नकदी और सोने-चांदी के आभूषण लेकर फरार हो जाते थे और […] The post भीलवाड़ा में ठगी और ब्लैकमेल करने वाले गिरोह का पर्दाफाश appeared first on Sabguru News .
लॉरेल्स स्कूल इंटरनेशनल के कक्षा आठ के छात्र अपने टीचर्स फ़िरदौस ग़ोरी खान, अतिसुची सिन्हा और अंजलि बालखे के साथ, जिम्मी मगिलिगन सेंटर फॉर सस्टेनेबल डेवलपमेंट' शैक्षणिक भ्रमण पर आए। इस शैक्षणिक भ्रमण का मुख्य उद्देश्य क्लासरूम की थ्योरी और असल दुनिया की प्रैक्टिकल ग्रीन टेक्नोलॉजी के बीच के अंतर को कम करना था। पद्मश्री डॉ. जनक पलटा मगिलिगन की इस 'लिविंग लेबोरेटरी' (जीवंत प्रयोगशाला) में जाकर, ग्रामीण परिवेश में बड़े पैमाने पर ग्रीन एनर्जी टेक्नोलॉजी; जैव-विविधता: दुर्लभ, स्थानीय पेड़-पौधों की पहचान करना और पर्यावरण संरक्षण को देखना और समझना; सर्कुलर इकोनॉमी का अध्ययन। ज़ीरो-वेस्ट सिस्टम कृषि-अवशेषों से फ़ूड प्रोसेसिंग, पर्यावरण के अनुकूल जीवनशैली और आत्मनिर्भरता से परिचित हुए, वह भी उनसे, जिन्हें प्यार से 'जनक दीदी' या 'ग्रीन हीरो' कहा जाता है। जीवन भर सोलर कुकर और साफ़-सुथरे खाना पकाने के तरीकों को आदिवासी और ग्रामीण महिलाओं को टिकाऊ कौशल का प्रशिक्षण दिया है, जिससे हज़ारों ग्रामीण समुदायों में बदलाव आया है। सेंटर कैंपस पूरी तरह से ऑफ़-ग्रिड चलता है, जो ऊर्जा के मामले में आत्मनिर्भरता का एक बेहतरीन उदाहरण है। छात्रों ने सोलर और विंड पावर से साल भर रिन्यूएबल एनर्जी की लगातार आपूर्ति आंखों से देखी जनक दीदी ने एडवांस्ड सोलर ड्रायर सोलर डिहाइड्रेटर का इस्तेमाल करके दिखाया। खुली हवा में धूप में सुखाने के विपरीत, ये बंद संरचनाएं खाने को धूल और कीड़ों से बचाती हैं और साथ ही गर्मी को अच्छी तरह बनाए रखती हैं। छात्रों ने देखा कि कैसे यह टेक्नोलॉजी बिना किसी केमिकल प्रिजर्वेटिव या बिजली की खपत के फलों और जड़ी-बूटियों के पोषक तत्वों, रंग और खुशबू को बनाए रखती है। वनस्पति संबंधी चमत्कार: खास पेड़-पौधे और संरक्षण: यह फ़ार्म एक जीवित जीन बैंक के रूप में काम करता है, जो कई दुर्लभ और सांस्कृतिक रूप से महत्वपूर्ण पौधों को संरक्षित करता है। डॉ. जनक ने व्यक्तिगत रूप से समूह को ऑर्गेनिक बाग की सैर कराई और खास प्रजातियों के बारे में बताया: अरिठा, कपड़े धोने वाले डिटर्जेंट और पर्सनल हाइजीन प्रोडक्ट्स के लिए 100% बायोडिग्रेडेबल और केमिकल-फ्री विकल्प के तौर पर काम करते हैं। पारिजात: अपनी तेज़ खुशबू के लिए मशहूर इस पौधे के बारे में चर्चा हुई कि इसका इस्तेमाल आयुर्वेदिक दवाओं, सूजन कम करने वाले इलाज और ज़रूरी तेल निकालने में बड़े पैमाने पर किया जाता है। हनुमान जी वाला सिंदूर (बिक्सा ओरेलाना/ एनाट्टो): इस अनोखे पौधे ने छात्रों का ध्यान खींचा क्योंकि इसके बीजों से एक चमकदार, प्राकृतिक लाल रंग मिलता है। यह खाने की चीज़ों और कॉस्मेटिक्स में इस्तेमाल होने वाले ज़हरीले सिंथेटिक रंगों का एक सुरक्षित विकल्प है। इस विज़िट की एक खास बात थी फ़ार्म की ज़ीरो-वेस्ट किचन और प्रोसेसिंग यूनिट्स के बारे में जानना। खेतों में फ़सल के बचे हुए हिस्से, सूखी पत्तियां और टहनियां जलाने के बजाय—जिससे बहुत ज़्यादा वायु प्रदूषण होता है—फ़ार्म इस बिखरे हुए कचरे को इकट्ठा करके स्मोकलेस (धुआं-रहित) ब्रिकेट बनाते हैं। डॉ. जनक पलटा मगिलिगन, सस्टेनेबल डेवलपमेंट की अनूठी मिसाल है। उनका सनावादिया स्थित घर और फ़ार्म, ज़ीरो वेस्ट और ज़ीरो यूटिलिटी बिल के साथ चलते हैं, जो यह साबित करता है कि पूरी तरह से सस्टेनेबल (टिकाऊ) जीवनशैली अपनाना मुमकिन है। भ्रमण का मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों को न केवल पर्यावरण एवं प्राकृतिक संसाधनों के उचित उपयोग की जानकारी से अवगत कराना था अपितु उन्हें भविष्य की चुनौतियों के लिए तैयार करना भी था। भ्रमण के दौरान विद्यार्थियों ने पर्यावरण-अनुकूल आवास तथा 'जीरो वेस्ट' एवं 'जीरो डिस्चार्ज' की अवधारणा को सरल एवं रोचक ढंग से समझा। फ़िरदौस ग़ोरी ने इस अवसर को अत्यंत गौरवपूर्ण बताते हुए कहा कि पद्मश्री सम्मानित पर्यावरणविद् डॉ. पलटा मगिलिगन से प्रत्यक्ष संवाद एवं उनके सतत विकास मॉडल का अवलोकन विद्यार्थियों के लिए जीवनभर याद रहने वाला अनुभव रहेगा। संकाय नेतृत्वकर्ता: श्रीमती फिरदौस गोरी खान
अमरीका का ईरान पर फिर हमला, चाबहार में बिजली अवसंरचना, अस्पताल प्रभावित
तेहरान। अमरीका ने ईरान के खिलाफ नये सैन्य हमले किए हैं, जिनमें दक्षिण-पूर्वी बंदरगाह शहर चाबहार की बिजली अवसंरचना, बंदरगाह सुविधाओं और एक अस्पताल को नुकसान पहुंचा है। देश के अन्य दक्षिणी और उत्तरी हिस्सों में भी हमलों और विस्फोटों की सूचना मिली है। ईरानी मीडिया के अनुसार बुधवार को हुए हमलों में चाबहार की […] The post अमरीका का ईरान पर फिर हमला, चाबहार में बिजली अवसंरचना, अस्पताल प्रभावित appeared first on Sabguru News .
क्या वर्ल्ड कप और फीफा के बिना अधूरा है फुटबॉल
भले ही फुटबॉल वर्ल्ड कप की लोकप्रियता लगातार बढ़ती जा रही है, लेकिन इसका आयोजन करने वाली संस्था फीफा की साख आज शायद सबसे निचले स्तर पर है। सवाल उठ रहा है कि फुटबॉल को अब भी फीफा की जरूरत क्यों है?
दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे परियोजना का 75 से 80 प्रतिशत कार्य हो चुका है पूरा : नितिन गडकरी
कोटा। केन्द्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने कहा है कि दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे परियोजना में लगभग 1.10 लाख करोड़ रुपए की लागत से 75 से 80 प्रतिशत कार्य पूरा हो चुका है तथा शेष कार्य भी तेजी से प्रगति पर है। गडकरी बुधवार देर शाम कोटा के गोपालपुरा मण्डाना में आमसभा को संबोधित […] The post दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे परियोजना का 75 से 80 प्रतिशत कार्य हो चुका है पूरा : नितिन गडकरी appeared first on Sabguru News .
भारतीय बेसबॉल का चेहरा बने सूर्याकुमार यादव, नजर आएंगे इस टूर्नामेंट में
टी-20 विश्व विजेता कप्तान सूर्याकुमार यादव अब भारतीय बेसबॉल का चेहरा बन गए हैं। टी-20 विश्वकप जीतने के बाद खराब फॉर्म के कारण उन्हें अपनी जगह गंवानी पड़ी थी। हालांकि अब करियर के अंतिम पड़ाव पर खड़े सूर्या भाऊ ने दूसरे खेलों को प्रोत्साहन देने की जिम्मेदारी उठाई है।वह एमएलबी इंडिया यानि कि भारतीय बेसबॉल टीम के ब्रांड एंबेसेडर बन गए हैं और उनको अमेरिका में होने वाले एमएलबी ऑल स्टार वीक में देखा जा सकेगा। यह टूर्नामेंट 12 से 14 जुलाई को फिलेडिया में होगा। SURYA ANNOUNCED AS THE MLB INDIA AMBASSADOR! Suryakumar Yadav, the new face of Baseball in India, will also be attending MLB All-Star week from 12th to 14th July, in Philadelphia, in the US. Great time ahead for baseball fans in India! pic.twitter.com/MnJ187ZfPE — Mufaddal Vohra (@mufaddal_vohra) July 8, 2026 सूर्यकुमार यादव ने जुलाई 2024 में भारत की टी20 कप्तानी संभाली थी। उनकी कप्तानी में टीम इंडिया ने Asia Cup 2025 और T20 World Cup 2026 जैसे बड़े टूर्नामेंट अपने नाम किए। बतौर कप्तान उनका जीत प्रतिशत 76.92% (Win Percentage as Captain) रहा, जो किसी भी भारतीय टी20 कप्तान के लिए बेहद प्रभावशाली आंकड़ा माना जा रहा है।सूर्याकुमार यादव बतौर कप्तान एक भी सीरीज नहीं हारे। हालांकि, कप्तानी में सफलता के बावजूद उनकी बल्लेबाजी लगातार सवालों के घेरे में रही। कप्तान बनने के बाद से सूर्या ने 45 टी20 मुकाबलों में सिर्फ 932 रन बनाए हैं। टी20 वर्ल्ड कप 2026 में भी उन्होंने 9 पारियों में 242 रन बनाए, लेकिन इनमें से 84 रन केवल अमेरिका के खिलाफ आए थे। बड़े मुकाबलों में उनका बल्ला दमदार असर नहीं छोड़ सका। 35 वर्षीय सूर्यकुमार यादव को जब टी-20 अंतरराष्ट्रीय टीम में नहीं चुना गया तो उनके करियर पर अर्धविराम लग गया। इस उम्र में वापस टीम में जगह बनाना काफी मुश्किल है क्योंकि युवा खिलाड़ियों की खेप इंडियन प्रीमियर लीग में हर साल तैयार हो रही है। ऐसे में जान लेते हैं कि सूर्योदय और सूर्यास्त कैसा रहा।
गया : सड़क हादसे में कार में लगी आग, 2 लोग जिंदा जले
गया जी। बिहार के गया जिले में डोभी-पटना फोरलेन पर बीती देर रात एक सड़क हादसे में कार सवार दो लोगों की जिंदा जलकर मौत हो गई, जबकि चालक गंभीर रूप से झुलस गया। यह हादसा बोधगया थाना क्षेत्र के सिजुआ गांव के पास बीती रात करीब 1:30 बजे हुआ। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार खाद से […] The post गया : सड़क हादसे में कार में लगी आग, 2 लोग जिंदा जले appeared first on Sabguru News .
4 महीने की प्रेग्नेंसी में दीपिका पादुकोण ने शूट किया नया एड, बेबी बंप पर टिकी फैंस की नजर
बॉलीवुड एक्ट्रेस दीपिका पादुकोण को जहां फैंस शाहरुख खान के साथ 'किंग' और अल्लू अर्जुन के साथ एटली की 'राका' में देखने का बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं, वहीं एक्ट्रेस ने ग्लोबल होटल चेन हिल्टन के नए एड (विज्ञापन) से सभी को सरप्राइज दे दिया है। इस एड में ग्लोबल ब्रांड एंबेसेडर दीपिका ब्लू पैंटसूट में बेहद स्टाइलिश अंदाज में एक शानदार हिल्टन प्रॉपर्टी के अंदर डांस करती नजर आ रही हैं। हमेशा की तरह उनका कॉन्फिडेंस और ग्रेस देखने लायक है। इस एड की सबसे खास बात यह रही कि दीपिका इस वक्त अपने दूसरे बच्चे की उम्मीद कर रही हैं। A post shared by दीपिका पादुकोण (@deepikapadukone) रिपोर्ट्स के मुताबिक, दीपिका पादुकोण ने इस कैंपेन की शूटिंग तब की थी, जब वह चार महीने की प्रेग्नेंट थीं। ऐसे में दूसरी प्रेग्नेंसी के दौरान भी उनका लगातार काम करना फैंस को काफी पसंद आ रहा है। यह एड सोशल मीडिया पर आते ही वायरल हो गया। फैंस दीपिका की खूबसूरती के साथ-साथ उनका बेबी बंप भी नोटिस करने लगे। एक यूजर ने लिखा, 'दीपिका का नया हिल्टन एड उन्होंने प्रेग्नेंसी के दौरान शूट किया था।' वहीं दूसरे ने लिखा, 'दुआ की मम्मी अपने बेबी बंप के साथ भी कमाल लग रही हैं।' बॉलीवुड की अन्य लेटेस्ट खबर पढ़ने के लिए क्लिक करें एक और फैन ने लिखा, 'वो छोटा सा बेबी बंप।' एक अन्य यूजर ने कमेंट किया, 'आखिरकार! लगभग तीन महीने बाद उन्हें पोस्ट करते देखा।' वहीं एक और फैन ने लिखा, 'दुआ की मम्मी अपने दूसरे बच्चे को ग्लोबली इंट्रोड्यूस कर रही हैं।' A post shared by दीपिका पादुकोण (@deepikapadukone) इस साल की शुरुआत में दीपिका और उनके पति रणवीर सिंह ने एक जॉइंट इंस्टाग्राम पोस्ट के जरिए बताया था कि वे दूसरी बार माता-पिता बनने वाले हैं। दीपिका ने अपनी बेटी दुआ पादुकोण सिंह की एक तस्वीर शेयर की थी, जिसमें वह एक प्रेग्नेंसी टेस्ट पकड़े हुए नजर आ रही थी। टेस्ट में दो गुलाबी लाइनें साफ दिखाई दे रही थीं, जो पॉजिटिव रिजल्ट का संकेत होती हैं।
जब संजीव कुमार ने बिना संवाद बोले जीत लिया था हर दिल, जानिए उनकी अनसुनी कहानी
बॉलीवुड में संजीव कुमार को ऐसे अभिनेता के तौर पर याद किया जाता है, जिन्होंने अपने दमदार अभिनय से दर्शकों के दिलो मे खास पहचान बनाई। मुंबई में 9 जुलाई 1938 को एक मध्यम वर्गीय गुजराती परिवार में जन्में संजीव कुमार बचपन से ही फिल्मों में नायक बनने का सपना देखा करते थे। इस सपने को पूरा करने के लिये उन्होंने फिल्मालय के एक्टिंग स्कूल में दाखिला लिया। साल 1962 में राजश्री प्रोडक्शन की निर्मित फिल्म 'आरती' के लिए उन्होंने स्क्रीन टेस्ट दिया, जिसमें वह पास नहीं हो सके। संजीव कुमार को सर्वप्रथम मुख्य अभिनेता के रूप में 1965 में रिलीज फिल्म 'निशान' में काम करने का मौका मिला। साल 1960 से 1968 तक संजीव कुमार फिल्म इंडस्ट्री मे अपनी जगह बनाने के लिए संघर्ष करते रहे। फिल्म 'हम हिंदुस्तानी' के बाद उन्हें जो भी भूमिका मिली वह उसे स्वीकार करते चले गए। ALSO READ: 66 की उम्र में भी ग्लैमरस हैं संगीता बिजलानी, सलमान खान संग शादी के छप गए थे कार्ड इस बीच उन्होंने स्मगलर पति-पत्नी, हुस्न और इश्क, बादल, नौनिहाल और गुनहगार जैसी कई बी ग्रेड फिल्मों मे अभिनय किया लेकिन इनमें से कोई भी फिल्म बॉक्स आफिस पर सफल नहीं हुई। साल 1968 मे रिलीज फिल्म शिकार में संजीव कुमार पुलिस ऑफिसर की भूमिका में दिखाई दिए। यह फिल्म पूरी तरह अभिनेता धर्मेन्द्र पर केन्द्रित थी फिर भी संजीव अपने अभिनय की छाप छोड़ने में वह कामयाब रहे। इस फिल्म में दमदार अभिनय के लिये उन्हें सहायक अभिनेता का फिल्म फेयर अवार्ड भी मिला। साल 1970 में रिलीज फिल्म खिलौना की जबरदस्त कामयाबी के बाद संजीव कुमार ने नायक के रूप में अपनी अलग पहचान बना ली। वर्ष 1970 में ही रिलीज फिल्म दस्तक में लाजवाब अभिनय के लिये उन्हें सर्वश्रेष्ठ अभिनेता के राष्ट्रीय पुरस्कार से सम्मानित किया गया। साल 1972 मे रिलीज फिल्म 'कोशिश' में उनके अभिनय का नया आयाम दर्शकों को देखने को मिला। इस फिल्म में गूंगे की भूमिका निभाना किसी भी अभिनेता के लिये बहुत बड़ी चुनौती थी। बगैर संवाद बोले सिर्फ आंखों और चेहरे के भाव से दर्शकों को सब कुछ बता देना संजीव कुमार की अभिनय प्रतिभा का ऐसा उदाहरण था, जिसे शायद ही कोई अभिनेता दोहरा पाए। इस फिल्म में उनके लाजवाब अभिनय के लिये उन्हें दूसरी बार सर्वश्रेष्ठ अभिनेता का राष्ट्रीय पुरस्कार दिया गया। बॉलीवुड की अन्य लेटेस्ट खबर पढ़ने के लिए क्लिक करें अभिनय में एकरूपता से बचने और स्वयं को चरित्र अभिनेता के रूप में भी स्थापित करने के लिये संजीव कुमार ने अपने को विभिन्न भूमिकाओं में पेश किया। इस क्रम में 1975 में रिलीज रमेश सिप्पी की सुपरहिट फिल्म शोले में वह फिल्म अभिनेत्री जया भादुडी के ससुर की भूमिका निभाने से भी नहीं हिचके। हालांकि संजीव कुमार ने फिल्म शोले के पहले जया भादुड़ी के साथ कोशिश और अनामिका में नायक की भूमिका निभायी थी। संजीव कुमार दो बार सर्वश्रेष्ठ अभिनेता के फिल्म फेयर पुरस्कार से सम्मानित किए गए हैं। अपने दमदार अभिनय से दर्शकों में खास पहचान बनाने वाला यह अजीम कलाकार 6 नवंबर 1985 को इस दुनिया को अलविदा कह गया।
महाराष्ट्र में बाढ़ का खौफनाक मंजर! HPCL प्लांट से 3000 गैस सिलेंडर नदी में बहे
महाराष्ट्र में भारी बारिश की वजह से हाहाकार मचा हुआ है। भारी बारिश के कारण आई अचानक फ्लैश फ्लड में रायगढ़ जिले के खालापुर तहसील के चावणे गांव में स्थित HPCL गैस प्लांट से करीब 3000 गैस सिलेंडर पानी में बह गए। बताया जा रहा है कि इनमें से कुछ गैस सिलेंडर भरे हुए हैं और कुछ खाली हैं। सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे वीडियो में नदी में बड़ी संख्या में गैस सिलेंडर बहते दिखाई दे रहे हैं। कई वीडियो में लोगों को इन सिलेंडरों को उठाकर ले जाते भी देखा गया। फिलहाल कंपनी के अधिकारी पानी में बहे सिलेंडरों की जांच में जुटे हुए हैं। पानी में सिलेंडरों के बहने की वजह भी तलाशी जा रही है। महाराष्ट्र के रायगढ़ में भारी बारिश के बाद HPCL के एलपीजी बॉटलिंग प्लांट से करीब 3,000 गैस सिलेंडर पातालगंगा नदी में बह गए। प्रशासन ने चेतावनी दी है कि नदी या किनारे मिले किसी भी सिलेंडर को उठाने, खोलने या घर ले जाने की कोशिश न करें। #maharastra #lpg #lpgcylinders #river #hpcl pic.twitter.com/LD2bLGUsa4 — Webdunia Hindi (@WebduniaHindi) July 9, 2026 रायगढ़ के डीएम किशन जावले ने लोगों को चेतावनी देते हुए कहा कि नदी में बहकर आए सिलेंडर में गैस है या नहीं या वे सुरक्षित स्थिति में हैं या नहीं। इसकी कोई गारंटी नहीं होती। ऐसे में उत्सुकता या इस्तेमाल के मकसद से ऐसे सिलेंडर को उठाना, खोलना या घर ले जाना बेहद खतरनाक हो सकता है। उन्होंने लोगों से किसी भी तरह का जोखिम नहीं लेने की अपील की। गौरतलब है कि मुंबई, पुणे और नासिक समेत महाराष्ट्र के कई शहरों में भारी बारिश से जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हुआ। लगातार हो रही बारिश की वजह से नदियां उफान पर है। सड़कें तालाब बनी हुई है, रेलवे ट्रेक पर पानी भरा हुआ। जलजमाव और भूस्खलन की वजह से लोगों को आवागमन में काफी मुश्किलों का सामना करना पड़ा है।
Halharini Amavasya: हलहारिणी अमावस्या पर किए जाने वाले पितृ दोष निवारण के 10 विशेष उपाय
Pitru Dosh Remedies: हिंदू धर्म में हलहारिणी अमावस्या को पितरों के तर्पण, दान-पुण्य और आत्मिक शुद्धि के लिए अत्यंत शुभ माना जाता है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार अमावस्या तिथि पर श्रद्धा और विधिपूर्वक किए गए पितृ कर्म से पितरों की कृपा प्राप्त होती है तथा परिवार में सुख, शांति और समृद्धि का संचार होता है। यदि किसी व्यक्ति की कुंडली में पितृ दोष बताया गया हो अथवा परिवार में बिना वजह कलह, तरक्की में रुकावट और संतान संबंधी परेशानियां आ रही हैं, तो धार्मिक परंपराओं में इस दिन कुछ विशेष धार्मिक उपाय करने की सलाह दी जाती है। ALSO READ: Halharini Amavasya 2026: हलहारिणी अमावस्या कब है, क्या करते हैं इस दिन? आइए जानते हैं हलहारिणी अमावस्या पर किए जाने वाले 10 प्रमुख पारंपरिक उपाय। 1. पवित्र नदी में स्नान और तर्पण अमावस्या के दिन सूर्योदय से पहले किसी पवित्र नदी- जैसे गंगा, यमुना या नर्मदा में स्नान करें। इसके बाद हाथ में कुशा, जो कि एक प्रकार की घास होती है, काले तिल और जल लेकर दक्षिण दिशा की ओर मुख करके अपने पितरों का स्मरण करते हुए 3 बार तर्पण यानी जल अर्पित करें। 2. पीपल के वृक्ष की पूजा और परिक्रमा पीपल के पेड़ में देवताओं के साथ-साथ पितरों का भी वास माना जाता है। अत: सुबह के समय पीपल की जड़ में कच्चा दूध, गंगाजल, काले तिल और चीनी मिला हुआ जल अर्पित करें। इसके बाद 'ॐ पितृभ्यः नमः' मंत्र का जाप करते हुए पीपल की 7 बार परिक्रमा करें। शाम को पेड़ के नीचे सरसों के तेल का दीपक जलाएं। 3. पंचबलि भोग अमावस्या के दिन घर में सात्विक भोजन बनाएं। ध्यान रहें कि यह बिना लहसुन-प्याज का हो। फिर भोजन तैयार होने के बाद सबसे पहले 5 विशेष हिस्से निकालें: गोबलि: गाय के लिए श्वानबलि: कुत्ते के लिए काकबलि: कौए के लिए देवादिबलि: देवताओं या अग्नि के लिए पिपीलिकादिबलि: चींटियों के लिए ये विशेष भोजन निकालने के बारे में माना जाता है कि कौए और कुत्ते के माध्यम से यह भोजन सीधे पितरों तक पहुंचता है। 4. दक्षिण दिशा में 'पितृ दीपक' जलाना अमावस्या की शाम को घर के दक्षिण कोने में या मुख्य द्वार पर दक्षिण दिशा की ओर मुख करके सरसों के तेल का एक दीपक जरूर जलाएं। दक्षिण दिशा को पितरों की दिशा माना जाता है, वहां दीपक जलाने से पितृ प्रसन्न होकर सुख-समृद्धि का आशीर्वाद देते हैं। 5. हलहारिणी अमावस्या पर 'हल' और अन्न का दान चूंकि यह हलहारिणी अमावस्या है, इसलिए इस दिन कृषि से जुड़ी चीजों या मौसमी फसलों का दान बहुत फलदायी होता है। किसी जरूरतमंद किसान को खेती की सामग्री दान करें या किसी गरीब को गेहूं, चावल, और गुड़ का दान करें। इससे पितृ तृप्त होते हैं। ALSO READ: Devshayani Ekadashi 2026: देवशयनी एकादशी से शुरू होंगे चातुर्मास, 4 महीने के लिए लग जाएगी मंगल कार्यों पर रोक 6. गीता के 7वें अध्याय का पाठ पितरों की आत्मा की शांति और उन्हें मोक्ष दिलाने के लिए हलहारिणी अमावस्या के दिन श्रीमद्भगवद्गीता के सातवें अध्याय का पाठ करें। यदि आप स्वयं पाठ नहीं कर सकते, तो इसे घर में ऑडियो के रूप में चलाकर शांति से सुनें। पाठ का पुण्य अपने पितरों को अर्पित करें। 7. काले तिल और कुश का विशेष दान पितृ दोष से मुक्ति के लिए अमावस्या के दिन काले तिल, कुशा घास, ऊनी वस्त्र या छाते का दान करना बेहद शुभ माना जाता है। इसे किसी योग्य ब्राह्मण या जरूरतमंद व्यक्ति को आदरपूर्वक दें। 8. जल पात्र या घड़े का दान गर्मी और उमस के इस मौसम में किसी मंदिर, प्याऊ या सार्वजनिक स्थान पर पानी से भरा मिट्टी का घड़ा या कलश दान करना महादान माना गया है। राहगीरों को ठंडा जल पिलाने से पितरों की आत्मा को परम शांति मिलती है और कुंडली का पितृ दोष शांत होता है। 9. चींटियों और मछलियों को भोजन देना सुबह के समय किसी सूखे तालाब, पेड़ के नीचे या पार्क में चींटियों के लिए 'कसार' यानी भुने हुए आटे में चीनी या शक्कर मिलाकर खिलायें। इसके अलावा, आटे की छोटी-छोटी गोलियां बनाकर किसी साफ नदी या तालाब की मछलियों को खिलाएं। यह उपाय राहु-केतु के दोष को भी दूर करता है, जो अक्सर पितृ दोष का कारण बनते हैं। 10. गायत्री मंत्र या पितृ गायत्री का जाप अमावस्या के दिन शांत चित्त होकर सफेद आसन पर बैठें और गायत्री मंत्र का 108 बार जाप करें। या फिर आप इस विशेष पितृ मंत्र का जाप कर सकते हैं: 'ॐ देवताभ्यः पितृभ्यश्च महायोगिभ्य एव च नमः स्वाहायै स्वधायै नित्यमेव नमो नमः॥' विशेष नोट: हलहारिणी अमावस्या के दिन घर में किसी भी प्रकार के वाद-विवाद, कलह या तामसिक भोजन यानी मांस-मदिरा से पूरी तरह दूर रहें। मन में शांत और क्षमा का भाव रखकर किए गए उपाय ही पितरों तक पहुंचते हैं। हलहारिणी अमावस्या- FAQS प्रश्न 1. क्या हलहारिणी अमावस्या पर पितृ तर्पण किया जा सकता है? उत्तर: हां, धार्मिक परंपराओं में इस दिन पितृ तर्पण को शुभ माना जाता है। प्रश्न 2. क्या पितृ दोष के लिए केवल यही उपाय पर्याप्त हैं? उत्तर: धार्मिक मान्यताओं के अनुसार ये पारंपरिक उपाय हैं। विशेष अनुष्ठान के लिए योग्य आचार्य से परामर्श लेना उचित रहता है। प्रश्न 3. क्या इस दिन दान करना आवश्यक है? उत्तर: दान अनिवार्य नहीं है, लेकिन अपनी सामर्थ्य के अनुसार अन्न, वस्त्र या अन्य आवश्यक वस्तुओं का दान पुण्यदायी माना जाता है। प्रश्न 4. पितरों के लिए कौन-सा दान शुभ माना जाता है? उत्तर: काले तिल, अन्न, गुड़, वस्त्र, जल और भोजन का दान पारंपरिक रूप से शुभ माना जाता है। प्रश्न 5. क्या कौओं को भोजन कराने का महत्व है? उत्तर: कई धार्मिक परंपराओं में कौओं को पितरों का प्रतीक मानकर उन्हें भोजन अर्पित करने की परंपरा प्रचलित है। अस्वीकरण (Disclaimer) : चिकित्सा, स्वास्थ्य संबंधी नुस्खे, योग, धर्म, ज्योतिष, इतिहास, पुराण आदि विषयों पर वेबदुनिया में प्रकाशित/प्रसारित वीडियो, आलेख एवं समाचार सिर्फ आपकी जानकारी के लिए हैं, जो विभिन्न सोर्स से लिए जाते हैं। इनसे संबंधित सत्यता की पुष्टि वेबदुनिया नहीं करता है। सेहत या ज्योतिष संबंधी किसी भी प्रयोग से पहले विशेषज्ञ की सलाह जरूर लें। इस कंटेंट को जनरुचि को ध्यान में रखकर यहां प्रस्तुत किया गया है जिसका कोई भी वैज्ञानिक प्रमाण नहीं है। ALSO READ: Devshayani Ekadashi 2026: वर्ष 2026 में देवशयनी एकादशी कब है?
मनीष पॉल की मां उर्मिल पॉल का निधन, एक्टर ने दी दी भावभीनी श्रद्धांजलि
बॉलीवुड के मशहूर एक्टर और टीवी होस्ट मनीष पॉल के परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। मनीष पॉल की मां, उर्मिल पॉल का 77 साल की उम्र में निधन हो गया है। इस दुखद खबर की पुष्टि खुद मनीष पॉल की पीआर टीम द्वारा की गई है। मां के अचानक चले जाने से मनीष पॉल और उनका पूरा परिवार गहरे सदमे में है। मनीष पॉल की टीम ने मीडिया और प्रशंसकों के साथ दुख साझा करते हुए एक आधिकारिक बयान जारी किया। इस बयान में लिखा, अत्यंत दुखी मन से हमें आपको यह सूचित करना पड़ रहा है कि अभिनेता मनीष पॉल ने दिल्ली में अपनी 77 वर्षीय मां को खो दिया है। हम आप सभी से विनम्र अनुरोध करते हैं कि दिवंगत आत्मा के लिए प्रार्थना करें। ईश्वर उनकी आत्मा को शाश्वत शांति प्रदान करे। A post shared by Maniesh Paul (@manieshpaul) मनीष पॉल ने भी लिखा इमोशनल पोस्ट मनीष पॉल ने अपनी मां को याद करते हुए लिखा, आज दुनिया थोड़ी शांत लग रही है। आज सुबह मैंने अपनी मां को अलविदा कहा—जो मेरा पहला घर थीं, मुझे सबसे ज़्यादा सुकून देने वाली थीं और अब तक की मेरी ज़िंदगी की सबसे मज़बूत महिला थीं। ALSO READ: 66 की उम्र में भी ग्लैमरस हैं संगीता बिजलानी, सलमान खान संग शादी के छप गए थे कार्ड उन्होंने आगे लिखा, मेरे लिए आपकी क्या अहमियत थी या आपके जाने से जो खालीपन आया है, उसे शब्दों में बयां नहीं किया जा सकता। लेकिन मैं अपने साथ आपका प्यार, आपकी हिम्मत, आपकी नेकी और आपके सिखाए हर सबक को लेकर आगे बढ़ूंगा। ये सब ज़िंदगी भर मेरे साथ रहेंगे। उम्मीद है कि अब आपको सुकून मिल गया होगा। मुझे उस तरह प्यार करने के लिए शुक्रिया, जैसा सिर्फ़ एक मां ही कर सकती है। फिर मिलने तक हमेशा-हमेशा आपसे प्यार करता रहूंगा। A post shared by Maniesh Paul (@manieshpaul) मनीष पॉल अक्सर इंटरव्यूज और सोशल मीडिया पर अपनी मां के साथ अपने बेहद करीबी और खूबसूरत रिश्ते का जिक्र करते रहे हैं। वह हर साल मदर्स डे और मां के जन्मदिन पर उनके लिए भावुक पोस्ट साझा करना नहीं भूलते थे। साल 2025 के मदर्स डे पर मनीष ने एक बेहद पुरानी तस्वीर साझा कर अपनी मां को याद किया था, जो उनके प्रशंसकों के दिलों को छू गई थी। मनीष ने लिखा था, मेरी सबसे पहली मेकअप आर्टिस्ट को, जिन्होंने मुझे स्कूल की सभी प्रतियोगिताओं के लिए तैयार किया और यह सुनिश्चित किया कि मैं जीतूं! उस पहली शख्सियत को, जिन्होंने मुझे आज मैं जो कुछ भी हूं, बनने का आत्मविश्वास दिया—मेरी मां! हैप्पी मदर्स डे मम्मी! मैं आपसे बहुत प्यार करता हूं। मनीष पॉल के वर्क फ्रंट की बात करें तो वह हाल ही में वरुण धवन, मृणाल ठाकुर और पूजा हेगड़े के साथ 'है जवानी तो इश्क होना है' में नजर आए थे।
66 की उम्र में भी ग्लैमरस हैं संगीता बिजलानी, सलमान खान संग शादी के छप गए थे कार्ड
अपने जमाने की बेहद खूबसूरत एक्ट्रेस संगीता बिजलानी 9 जुलाई को अपना जन्मदिन सेलिब्रेट कर रही हैं। 66 साल की उम्र में भी संगीता अपने ग्लैमरस अंदाज से इंटरनेट पर तहलका मचा देती हैं। संगीता ने महज 16 साल की उम्र से ही मॉडलिंग करनी शुरू कर दी थी। साल 1980 में संगीता बिजलानी ने मिस इंडिया का खिताब अपने नाम किया था। इसके बाद संगीता ने बॉलीवुड की राह पकड़ ली। उनीक पहली फिल्म 'कातिल' साल 1988 में रिलीज हुई थी। हालांकि उनके पहचान 1989 में रिलीज फिल्म 'त्रिदेव' से मिली थी। ALSO READ: आकांक्षा रंजन का सिजलिंग एथनिक लुक वायरल, फ्लोरल सीक्विन साड़ी में लगीं बेहद खूबसूरत फिल्मों के अलावा संगीता सलमान खान के साथ अफेयर को लेकर सुर्खियों में रहीं। संगीता बिजलानी एक दौर में सलमान खान के साथ शादी करने के काफी करीब थीं लेकिन उन्होंने खुद ही इस रिश्ते को तोड़ दिया था। खबरों के अनुसार 27 मई 1994 को दोनों की शादी होने वाली थी। सलमान ने ये तारीख खुद चुनी थी। संगीता बिजलानी और सलमान खान ने 1986 में एक-दूसरे को डेट करना शुरू किया। तब संगीता फिल्मों में नहीं आई थीं। दोनों करीब 10 साल तक रिलेशनशिप में थे। बात शादी तक पहुंची और कार्ड भी छप गए थे लेकिन आखिरी वक्त पर उन्होंने शादी कैंसिल कर दी। सलमान खान अपने कई इंटरव्यू में इस बात को कुबूल कर चुके हैं कि कार्ड छपकर कई जगह बंट भी गए थे लेकिन शादी नहीं हो पाई। ऐसी खबरें थीं कि सलमान खान और अभिनेत्री सोमी अली के बीच नजदीकियां बढ़ रही थीं। संगीता को जब सोमी अली से सलमान की नजदीकियों की बात पता चली तो उन्होंने शादी तोड़ने का मन बना लिया। बॉलीवुड की अन्य लेटेस्ट खबर पढ़ने के लिए क्लिक करें 1996 में संगीता ने क्रिकेटर मोहम्मद अजहरुद्दीन से शादी की। अजहरुद्दीन पहले से शादीशुदा थे और उनके दो बेटे थे। पहली पत्नी को तलाक देने के बाद अजहरुद्दीन ने संगीता बिजलानी से शादी की। अजहर से शादी के लिए संगीता ने इस्लाम धर्म कबूल कर लिया और अपना नाम आयशा रखा। शादी के 14 साल बाद संगीता और अजहर के रिश्ते में दरार आ गई। आखिरकार 2010 में उन्होंने तलाक ले लिया। सलमान खान से संगीता की आज भी अच्छी दोस्ती है। सलमान खान के घर में होने वाले कई फंक्शन के दौरान उन्हें देखा जाता है। शादी के बाद ही संगीता बिजलानी फिल्मों से भी दूर हो गईं।
पश्चिम बंगाल: पुलिस मुठभेड़ में अभियुक्त की मौत से उठे सवाल
पश्चिम बंगाल में बलात्कार और हत्या मामले के एक आरोपी की पुलिस मुठभेड़ में मौत पर सवाल उठे हैं। पुलिस के मुताबिक आरोपी ने एक अधिकारी की पिस्तौल छीन कर फायरिंग की और भागने की कोशिश की, जवाबी फायरिंग में उसकी मौत हो गई।
Aaj Ka Rashifal: आज का दैनिक राशिफल: मेष से मीन तक 12 राशियों का राशिफल (9 जुलाई, 2026)
मेष राशि (Aries) Today 09 July horoscope in Hindi 2026 : करियर: व्यापारियों को नए अवसर मिल सकते हैं। आज ऑफिस में आपके काम की गति अच्छी रहेगी। सहकर्मियों का सहयोग मिलेगा। लव: जीवनसाथी के साथ संबंधों में मधुरता रहेगी। एक-दूसरे के प्रति सम्मान बढ़ेगा। धन: आर्थिक स्थिति सामान्य रहेगी। निवेश करने के लिए दिन अच्छा है, लेकिन सोच-समझकर कदम बढ़ाएं। स्वास्थ्य: मानसिक रूप से शांत महसूस करेंगे। शारीरिक थकान दूर होगी। उपाय: गुरुवार के दिन विष्णु चालीसा का पाठ करें और केले के वृक्ष में जल अर्पित करें। ALSO READ: Halharini Amavasya 2026: हलहारिणी अमावस्या कब है, क्या करते हैं इस दिन? वृषभ राशि (Taurus) करियर: आज भाग्य का पूरा साथ मिलेगा। सरकारी नौकरी से जुड़े लोगों को कोई बड़ी खुशखबरी मिल सकती है। व्यापार में वृद्धि होगी। लव: लव लाइफ में चल रही गलतफहमियां दूर होंगी। शाम को पार्टनर के साथ अच्छा समय बिताने का मौका मिलेगा। धन: धन लाभ के योग हैं। अचानक कहीं से रुका हुआ पैसा मिल सकता है, जिससे आपकी बड़ी चिंता दूर होगी। स्वास्थ्य: स्वास्थ्य उत्तम रहेगा। आप खुद को ऊर्जा और सकारात्मकता से भरपूर पाएंगे। उपाय: मस्तक पर पीले चंदन या केसर का तिलक लगाएं। मिथुन राशि (Gemini) करियर: कार्यक्षेत्र में काम की अधिकता के कारण तनाव महसूस हो सकता है। कोई भी बड़ा फैसला जल्दबाजी में न लें। लव: वैवाहिक जीवन सुखमय रहेगा, लेकिन संतान की ओर से थोड़ी चिंता रह सकती है। धन: खर्चों में बढ़ोतरी हो सकती है। आज बजट बनाकर चलना बेहद जरूरी है, अन्यथा तंगी का सामना करना पड़ सकता है। स्वास्थ्य: पेट से जुड़ी समस्याएं जैसे गैस या अपच परेशान कर सकती हैं। खान-पान सादा रखें। उपाय: भगवान विष्णु को पीले फूल और चने की दाल अर्पित करें। कर्क राशि (Cancer) करियर: व्यापारियों को आज कोई बड़ा मुनाफा होने की संभावना है। नौकरीपेशा लोगों को प्रमोशन की बात आगे बढ़ सकती है। लव: प्रेम संबंधों के लिए दिन बहुत अनुकूल है। सिंगल जातकों के लिए विवाह के प्रस्ताव आ सकते हैं। धन: आर्थिक पक्ष मजबूत रहेगा। भूमि या वाहन खरीदने की योजना बन सकती है। स्वास्थ्य: मौसमी बीमारियों से सावधान रहें। हल्की सर्दी-खांसी हो सकती है। उपाय: 'ॐ नमो भगवते वासुदेवाय' मंत्र का 108 बार जाप करें। सिंह राशि (Leo) करियर: आज आपके पराक्रम और प्रभाव में वृद्धि होगी। कार्यस्थल पर सीनियर्स आपके काम और सुझावों की तारीफ करेंगे। लव: पार्टनर के साथ किसी बात को लेकर वाद-विवाद हो सकता है। अपनी वाणी पर संयम रखें। धन: पैसों की स्थिति अच्छी रहेगी। सुख-सुविधाओं और धार्मिक कार्यों पर धन खर्च हो सकता है। स्वास्थ्य: स्वास्थ्य अच्छा रहेगा। सुबह की सैर या योग से दिन की शुरुआत करें। उपाय: चने की दाल और गुड़ किसी गाय को खिलाएं। कन्या राशि (Virgo) करियर: कला और शिक्षण क्षेत्र से जुड़े लोगों के लिए आज का दिन शानदार रहेगा। व्यापार में कोई नई डील फाइनल हो सकती है। लव: जीवनसाथी का पूरा सहयोग हर मोड़ पर मिलेगा, जिससे आपसी बॉन्डिंग और मजबूत होगी। धन: अचानक धन लाभ होने के योग बन रहे हैं। पुराना किया गया निवेश आज बड़ा फायदा दे सकता है। स्वास्थ्य: आंखों में जलन या थकान महसूस हो सकती है। उपाय: किसी मंदिर के पुजारी या बुजुर्ग व्यक्ति को पीले रंग के वस्त्र दान करें। ALSO READ: Shravan Somwar 2026: सावन माह 2026 कब से कब तक रहेगा, कितने श्रावण सोमवार हैं? तुला राशि (Libra) करियर: आज ऑफिस में गॉसिप से दूर रहें। अपने काम पर ध्यान केंद्रित करें, काम का दबाव थोड़ा बढ़ सकता है। लव: लव लाइफ में रोमांस बढ़ेगा। पार्टनर के साथ लॉन्ग ड्राइव या डिनर का प्लान बन सकता है। धन: आर्थिक मामले सामान्य रहेंगे। बिना सोचे-समझे किसी को बड़ा उधार न दें, पैसा फंस सकता है। स्वास्थ्य: घुटनों या जोड़ों का पुराना दर्द आज थोड़ा परेशान कर सकता है। भारी काम से बचें। उपाय: भगवान सत्यनारायण की कथा सुनें या पढ़ें। वृश्चिक राशि (Scorpio) करियर: राजनीति और कानून के क्षेत्र में विरोधियों पर आपकी विजय निश्चित है। नौकरी से जुड़े लोगों को आज कोई बड़ी सफलता मिल सकती है। लव: पार्टनर के साथ रिश्ता गहरा होगा। आज आप अपनी किसी दिल की बात उनके साथ खुलकर साझा कर सकते हैं। धन: आकस्मिक धन लाभ के मजबूत योग हैं। अटका हुआ सरकारी पेमेंट आज क्लियर हो सकता है। स्वास्थ्य: आज आप खुद को जोश और अत्यधिक ऊर्जा से भरा हुआ पाएंगे। सेहत शानदार रहेगी। उपाय: हनुमान जी के मंदिर जाकर राम रक्षा स्तोत्र का पाठ करें। धनु राशि (Sagittarius) करियर: आज का दिन ज्ञान और करियर में वृद्धि वाला रहेगा। विद्यार्थियों को मनचाहा परिणाम मिलेगा। लव: पारिवारिक जीवन में खुशहाली रहेगी। जीवनसाथी के साथ किसी धार्मिक स्थल की यात्रा का योग बन रहा है। धन: आर्थिक मामलों में भाग्य का पूरा साथ मिलेगा। आय में वृद्धि होगी और बचत भी बढ़ेगी। स्वास्थ्य: स्वास्थ्य सामान्य रूप से अच्छा रहेगा। पुरानी किसी शारीरिक समस्या से काफी हद तक राहत मिलेगी। उपाय: गुरुवार के दिन हल्दी मिश्रित जल से सूर्य देव को अर्घ्य दें। मकर राशि (Capricorn) करियर: आज कार्यक्षेत्र में आपको अत्यधिक मेहनत करनी पड़ सकती है। काम का बोझ बढ़ने से मानसिक तनाव महसूस होगा, लेकिन सफलता जरूर मिलेगी। लव: पार्टनर की किसी बात से मन थोड़ा उदास हो सकता है। बैठकर शांति से बात सुलझाना बेहतर होगा। धन: धन से जुड़े बड़े फैसले आज टाल दें। कहीं भी बड़ा निवेश करने के लिए दिन अनुकूल नहीं है। स्वास्थ्य: अत्यधिक काम और तनाव के कारण शारीरिक थकान महसूस हो सकती है। भरपूर नींद लें। उपाय: किसी गरीब या जरूरतमंद व्यक्ति को पीले फल या केले दान करें। कुंभ राशि (Aquarius) करियर: पार्टनरशिप में बिजनेस करने वालों के लिए आज का दिन बहुत ही लाभदायक रहेगा। नई योजनाओं को अमलीजामा पहनाने का सही समय है। लव: दांपत्य जीवन में रोमांस और आपसी समझ बढ़ेगी। शाम को पार्टनर के साथ बेहतरीन समय बिताने का मौका मिलेगा। धन: आर्थिक पक्ष मजबूत रहेगा। लंबे समय से रुका हुआ कोई पेमेंट आज क्लियर हो सकता है। स्वास्थ्य: स्वास्थ्य अच्छा रहेगा। मानसिक रूप से खुद को काफी रिलैक्स महसूस करेंगे। उपाय: शिवलिंग पर पीले रंग के फूल या गेंदा अर्पित करें। मीन राशि (Pisces) करियर: नौकरीपेशा को आज सफलता मिल सकती है। इंटरव्यू आदि में सकारात्मक परिणाम मिलेंगे। ऑफिस में मान-सम्मान बढ़ेगा। लव: परिवार में किसी मांगलिक कार्य की रूपरेखा बन सकती है। पार्टनर का व्यवहार आपके प्रति बहुत प्रेमपूर्ण रहेगा। धन: धन लाभ के योग हैं, लेकिन हाथ में पैसा आते ही खर्चों की लिस्ट भी तैयार हो जाएगी। बजट का ध्यान रखें। स्वास्थ्य: स्वास्थ्य अच्छा रहेगा। त्वचा या एलर्जी से जुड़ी कोई पुरानी समस्या आज दूर हो सकती है। उपाय: गुरुवार के दिन भगवान विष्णु को पीले रंग की मिठाई का भोग लगाकर गरीबों में बांटें। ALSO READ: सावन में शनि-गुरु की बदली चाल, इन 3 राशियों पर बरसेगी भोलेनाथ की कृपा
‘लड़के भेज दो... एक लड़के पर 95 हजार रुपए तक कमीशन मिलेगा।’ ये ऑफर कंबोडिया में बैठे एक पाकिस्तानी एजेंट ने भास्कर रिपोर्टर को दिया। शर्त थी कि लड़के इंग्लिश बोलना जानते हों, बाकी काम कंपनी सिखा देगी। कंपनी का नाम नहीं है। वेबसाइट नहीं है। ऑफर लेटर नहीं है। इंटरव्यू टेलीग्राम पर होगा। जॉब दुनियाभर में लोगों को डिजिटल अरेस्ट करके ठगने की है। इस स्कैम के जरिए भारत में ही हर दिन करीब 61 करोड़ रुपए और हर महीने करीब 2 हजार करोड़ रुपए ठगे जा रहे हैं। हमारी पड़ताल 55 दिन चली। भास्कर रिपोर्टर एजेंट बना। स्कैम कंपनी के पूरे नेटवर्क को उजागर करने के लिए रैकेट में शामिल हुआ। विक्टिम, रिक्रूटमेंट करने वाले HR, ट्रेनिंग देने वाले सीनियर इम्प्लाई और कंबोडिया-मलेशिया में काम संभालने वाले एजेंट तक पहुंचा। उनका भरोसा जीता, दोस्ती बढ़ाई और यकीन दिलाया कि मैं एजेंट हूं और भारत से लड़कों को स्कैम के लिए कंबोडिया भेजना चाहता हूं। इस इन्वेस्टिगेशन में 45 दिन भारत, 7 दिन कंबोडिया और 3 दिन मलेशिया में बीते। स्कैम कंपनियों के रिक्रूटमेंट, ट्रेनिंग, ऑपरेशन मॉड्यूल को जाना। सैलरी और इंसेंटिव तक का गणित समझा। लड़कों को फंसाने से लेकर जबरदस्ती काम करवाने तक के तरीके पता किए। 'ऑपरेशन वर्ल्ड स्कैम' सीरीज के पहले पार्ट में आज पढ़िए और देखिए, कैसे भारत से युवाओं को कंबोडिया-मलेशिया जैसे देशों में भेजकर सायबर फ्रॉड इंडस्ट्री का हिस्सा बनाया जा रहा है। स्टेप 1: पाकिस्तानी एजेंट से मुलाकात हमारी इन्वेस्टिगेशन सायबर स्कैम सिंडिकेट में फंस चुके यूपी के रोहित (बदला हुआ नाम) से शुरू हुई। राेहित नौकरी के लिए कंबोडिया गए थे। वहां उनका पासपोर्ट छीनकर सायबर फ्रॉड करने के लिए मजबूर किया गया। भारत सरकार के दखल के बाद 22 नवंबर, 2025 को लोकल पुलिस ने रोहित और उनके साथियों को बाहर निकाला। कंबोडिया में रोहित की दोस्ती पाकिस्तान के लफी से हुई थी। लफी रोहित से सीनियर था। सायबर स्कैम के नेटवर्क तक पहुंचने के लिए हमने रोहित की मदद ली। एजेंट बनकर गिरोह में शामिल होने का प्लान बनाया और रोहित से लफी का नंबर लेकर उससे कॉन्टैक्ट किया। लफी से हमारी बात बीती 6 मई को हुई। वॉट्सएप पर हुई बातचीत में हमने उसे बताया कि आपका नंबर रोहित ने दिया है। मैं एजेंट हूं और 10 लड़कों को सायबर स्कैम के लिए कंबोडिया भेजना चाहता हूं। इसके बाद लफी ने कई दफा हमसे बातचीत की। लफी ने बताया, ‘अमेरिका और चीन का प्रेशर है। इसलिए ज्यादातर कंपनियां थाइलैंड-म्यांमार बॉर्डर पर शिफ्ट हो गई हैं। मैं जिस कंपनी में काम करता हूं, उसमें 300 बंदे हैं। 40 से 60 इंडिया के हैं। HR भी मुंबई का है।’ स्टेप 2: रिक्रूटमेंट रिक्रूटमेंट के बारे में पूछने पर लफी ने कहा कि दो लड़कों के एक-एक मिनट के इंट्रोडक्शन वीडियो भेजो। उन्हें इंग्लिश में अपने बारे में बताना है। वीडियो सिलेक्ट होने के बाद पासपोर्ट का पहला और आखिरी पेज का फोटो भेजना। फिर कंपनी का HR टेलीग्राम पर लड़कों का इंटरव्यू लेगा। इंटरव्यू क्लियर होते ही टिकट बुकिंग और वीजा प्रोसेस शुरू हो जाएगी।’ लफी ने बताया, अभी कंपनियां भारतीयों को ज्यादा हायर कर रही हैं। यहां पाकिस्तान के बहुत लोग पहले से हैं। एक मुल्क से ज्यादा लोग होने पर बवाल हो सकता है। इसलिए सभी देशों से थोड़े–थोड़े रखते हैं। भारत से अभी तमिल–तेलुगु बोलने वालों की डिमांड ज्यादा है। ऑफर लेटर कैसे मिलेगा? लफी ने जवाब दिया, ‘कंपनी ऑफर लेटर नहीं देती। कोई ऑफिशियल वेबसाइट नहीं है। कोई कानूनी दस्तावेज नहीं। सिर्फ पासपोर्ट, वीडियो और टेलीग्राम से काम होता है।’ स्टेप 3: HR इंटरव्यू लफी के कहने पर हमने अपनी टीम के दो साथियों के वीडियो उसे भेज दिए। वीडियो देखकर उसने कहा, ‘दोनों ठीक हैं, लेकिन अभी कुछ दिन इंतजार करना पड़ेगा। म्यांमार बॉर्डर पर सख्ती बढ़ गई है।’ ‘हमारे कुछ बंदे कंबोडिया में फंसे हैं। कुछ लड़के गिरफ्तार भी हो गए हैं। पुलिस एक लड़के को छोड़ने के बदले 10 हजार डॉलर मांग रही है। बॉस ने कहा है कि पहले इन लड़कों को निकालना पड़ेगा क्योंकि इनके वीजा और टिकट पर पैसे खर्च हो चुके हैं। इनके निकलते ही नई रिक्रूटमेंट शुरू करेंगे। तब तक माहौल थोड़ा ठीक हो जाएगा।’ रोहित के जरिए हम मैनुअल जोसेफ तक पहुंचे। मैनुअल कंबोडिया और लाओस में सायबर स्कैम कर चुका है। रोहित का रेफरेंस देते हुए हमने मैनुअल से कहा कि 10 लड़के बाहर भेजना है। रोहित का नाम सुनकर उसने भरोसा कर लिया और बातचीत शुरू कर दी। मैनुअल ने भी लड़कों के इंट्रोडक्शन वाले वीडियो मांगे। बोला कि लड़के इंग्लिश पढ़कर बोलेंगे, तब भी चलेगा, लेकिन टाइपिंग आना चाहिए। उसने आगे बताया, ‘कंबोडिया में सख्ती चल रही है, इसलिए लड़कों को मलेशिया भेजेंगे। 10 लड़के हैं, तो 5–5 के स्लॉट में भेजेंगे। टिकट तुम्हें करनी होगी। वीजा कंपनी करवाएगी। लड़के पहुंच जाएंगे तब तुम्हें एक बंदे पर 1000 डॉलर या करीब 95 हजार रुपए कमीशन मिलेगा। 300 डॉलर मेरे होंगे, 700 डॉलर तुम्हारे। इसके अलावा तुम्हें हर एक बंदे पर मुझे 5 हजार रुपए अलग से देना होगा।’ ‘एयरपोर्ट से कंपनी के लोग बंदों को लोकेशन पर ले जाएंगे। वहां रुकने, खाने–पीने का इंतजाम है। लड़कों के वहां पहुंचने के बाद 10 से 15 दिन में तुम्हें पैसा मिल जाएगा। लड़कों को सिर्फ कपड़े लेकर जाना है। लैपटॉप कंपनी में मिलेगा। अमेरिका के लोगों को फंसाना है। नाइट शिफ्ट रहेगी। रात में 10 बजे से सुबह के 10 बजे तक। एक साल का कॉन्ट्रैक्ट साइन होगा। तीन महीने के पहले कोई बाहर नहीं आ सकता। बाद में कोई आएगा, तो उसे टिकट खुद करना होगा।’ सब तय होने के बाद हमने मैनुअल को टेलीग्राम पर तीन लड़कों के वीडियो भेजे। वीडियो देखने के बाद उसने इंटरव्यू के लिए वक्त दिया। कहा कि इंटरव्यू टेलीग्राम पर होगा। लड़कों को कैमरा ऑन रखना है, मेरा कैमरा ऑफ रहेगा।’ मैनुअल ने तीनों लड़कों का एक-एक मिनट का इंटरव्यू लिया। लड़कों से नॉर्मल सवाल पूछे, जैसे कहां से पढ़े हो, कहां जॉब की है। एक लड़के से पूछा कि अमेरिका के बंदे से बात होगी तो सबसे पहले क्या पूछोगे। इंटरव्यू के अगले दिन मैनुअल ने बताया कि तीनों लड़के सिलेक्ट हो गए हैं। उनके पासपोर्ट की फोटो भेज दो, ताकि वीजा प्रोसेस शुरू हो जाए। अगले 15 दिन में वीजा हो जाएगा। जून के फर्स्ट वीक में सभी को रवाना कर देंगे। स्टेप 4: कंबोडिया का सफर लड़कों के सिलेक्शन के बाद हमने मैनुअल और लफी से कहा कि लड़के बाहर जाने में डर रहे हैं। उनके घरवाले कह रहे हैं कि बिना किसी लेटर कैसे बाहर भेज दें। इसलिए एक बार मैं वहां जाकर सब देखना चाहता हूं, ताकि उन्हें यकीन हो जाए। लफी ने हमें फिनोम पेन्ह में कंपनी का काम संभालने वाले एजेंट विक्की का नंबर दिया। विक्की से हमारी वॉट्सएप पर बात हुई। उसने कहा कि मैं 16 से 19 जून तक कंपनी के काम से फिनोम पेन्ह में नहीं रहूंगा। 15 जून को मिल सकता हूं। इसके बाद हमने 14 जून का मुंबई से बैंकॉक होते हुए फिनोम पेन्ह का टिकट बुक करवाया। लफी ने हमें बताया था कि भारत और थाईलैंड दोनों एयरपोर्ट पर हमारे लोग रहते हैं। इमिग्रेशन पर ज्यादा पूछताछ हो, तो मैनेज कर लेंगे। एयरपोर्ट पर 200 से 250 डॉलर में सेटिंग होती है। कई बार एयरपोर्ट से लोगों को डिपोर्ट कर दिया जाता है। इसी लफड़े से बचने के लिए पहले ही सेटिंग कर लेते हैं।’ लफी ने कहा कि आप टूरिस्ट वीजा पर कंबोडिया जाना क्योंकि अभी एयरपोर्ट पर बहुत सख्ती चल रही है। शक हुआ तो आपको डिपोर्ट कर देंगे। लफी की बात मानकर हमने टूरिस्ट वीजा पर कंबोडिया जाना तय किया। उसी दिन फिनोम पेन्ह में भारतीय दूतावास की वेबसाइट पर एक एडवाइजरी पढ़ी। इसमें लिखा था, ‘कंबोडिया में अच्छी सैलरी और नौकरी के झूठे वादे देकर भारतीय नागरिकों को मानव तस्करों के जाल में फंसाया जा रहा है। उन्हें डराकर ऑनलाइन फाइनेंशियल धोखाधड़ी और गैरकानूनी काम के लिए मजबूर किया जाता है।’ ‘कंबोडिया में जॉब के लिए आने वाले भारतीयों को सलाह दी जाती है कि वे ऑथराइज्ड रिक्रूटमेंट एजेंट्स के जरिए ही जॉब ऑफर एक्सेप्ट करें। नौकरी देने वाली कंपनी का बैकग्राउंड भी चेक करें। मेजबान देश की ओर से जारी वीजा की शर्तों का पालन करें और टूरिस्ट वीजा पर जॉब करने न आएं। जिन भारतीय नागरिकों के पास कंबोडिया में रहने और जॉब का वैलिड वीजा नहीं है, उन्हें तुरंत देश छोड़ने की सलाह दी जाती है।’ हम 14 जून को मुंबई से बैंकॉक के लिए निकले। 15 जून को बैंकॉक से कंबोडिया की राजधानी फिनोम पेन्ह पहुंच गए। कंबोडिया पहुंचने के बाद क्या हुआ, पढ़िए और देखिए कल यानी 10 जुलाई को। ग्राफिक से समझिए सायबर फ्रॉड इंडस्ट्री का दायरा कितना बड़ा है…
सुबह करीब 11 बजे का वक्त। छत्तीसगढ़ के सूरजपुर का करंजी गांव। मिट्टी और गोबर से लिपे कच्चे मकान का आंगन। एक कोने में उपले और सूखी लकड़ियों का ढेर। आंगन के किनारे घूंघट में मुंह छिपाए एक औरत बैठी हैं। उम्र लगभग 35-38 साल। नाम है ताराबाई। मुझे देखते ही पास आने का इशारा करती हैं। मैं पास जाकर जमीन पर ही बैठ जाती हूं। वह उंगलियों में दुपट्टे का किनारा फंसा कर बार-बार खींच रही हैं। अपने सूखे नाखूनों को नोच रही हैं। अचानक हवा चली और महिला के सिर से दुपट्टा खिसक गया। सिर पर नए-नए बाल आने शुरू हुए हैं, जैसे मुंडन के 10-15 दिन बाद आते हैं। वो तुरंत दुपट्टा खींचकर अपने सिर और चेहरे पर बांध लेती हैं। मेरे कुछ पूछने से पहले ही नजरें झुकाकर बोल पड़ती हैं- ‘पति ने सबके सामने मुझे गंजा कर दिया था।’ ब्लैकबोर्ड में एक ऐसी महिला की कहानी, जिसे पति ने पूरे गांव के सामने बेरहमी से पीटा, गंजा किया। अपना और बच्चों का पेशाब पिलाया… खुद को संभालते हुए ताराबाई ने कहानी बतानी शुरू की- तीन हफ्ते पुरानी बात है। इसी 14 जून की । भाभी के साथ उनके मायके, पांडूपारा गांव गई थी। जाना नहीं चाहती थी, लेकिन भाभी जबरदस्ती ले गईं। वहां पहुंचे कुछ घंटे बीते थे, तभी मेरा पति जितेंद्र वहां पहुंच गया। घर के बाहर खड़े होकर जोर-जोर से चीखने लगा। कहां है ताराबाई? मा@#$%। बताता हूं आज उसे। उसे देखकर मैं घबरा गई। वो अंदर घुसा और गाली देते हुए बोला-‘आज देख तू मैं तेरे साथ क्या करता हूं मा@#$%’। बाल पकड़कर सीधे मुझे बाहर लेकर आया। पहले थप्पड़ मारे फिर जमीन पर पटक दिया। लात-घूसे से मारा। सामने एक दीवार पर मेरा सिर दे मारा। मैं हाथ जोड़कर कह रही थी, छोड़ दे मुझे। लेकिन उसने एक न सुनी। गांवभर के लोग जमा हो गए। कुछ लोगों ने बीच-बचाव करने की कोशिश भी की, लेकिन वो सबको धमकाने लगा। कहने लगा- ‘जो भी बीच में आएगा, उसे जान से मार दूंगा। कोई मेरा कुछ नहीं बिगाड़ सकता। मैं पुलिस को भी सब कुछ बताकर आया हूं।’ फिर उसने दुपट्टे से दोनों हाथ पीछे की तरफ बांध दिए। छाती, पेट और चेहरे पर लात मारी। चारों बच्चों को भी साथ लाया था। बड़ी बेटी से बोला- ‘तू क्या देख रही है, मार @#$ को।’ बेटी ने भी एक के बाद एक कई थप्पड़ मारे। फिर खुद पीटने लगा। जब वो मारते-मारते थक गया तो मेरे एक पैर पर दुपट्टा बांधा और जोर से खींच दिया। मैं खड़े-खड़े जमीन पर गिर गई। भीड़ में खड़े एक शख्स से बोला- ‘ये ले मेरा मोबाइल, इस @#% का वीडियो बना।’ फिर छोटे बेटे से मुझे थप्पड़ मरवाए। कुछ देर बाद कहीं से कैंची लेकर आया और मेरे लंबे बाल काट दिए। डिस्पोजल में अपना पेशाब भरकर मेरे सिर पर उड़ेल दिया। दूसरे डिस्पेजल में फिर पेशाब भरकर लाया और जबरन मेरा मुंह पकड़कर पिला दिया। मैं बेजान सी वहीं पड़ी थी। उबकाई आ रही थी। मैं वहां से भाग जाना चाहती थी, लेकिन उस वक्त कुछ समझ ही नहीं आ रहा था। फिर बड़े बेटे से रेजर मंगवाया और मुझे गंजा कर दिया। तब तक मेरे एक कान में आवाज आनी बंद हो गई थी। सबके सामने मेरे कपड़े फाड़ दिए। छोटे बेटे से बोला- ‘मा@#$% के मुंह पर पेशाब कर।’ फिर जबरन मेरा मुंह के अंदर बेटे से पेशाब करवाया। आखिर में मेरे ऊपर काला मोबिल ऑयल उड़ेल दिया। चेहरे काला कर दिया। फिर वो कहने लगा- ‘अब वीडियो वायरल करके पूरी दुनिया को दिखाऊंगा। तुझे बहुत शौक है न दूसरी शादी करने का। अब तू देख @#$%। पूरी दुनिया थूकेगी तेरे ऊपर।’ उस वक्त तो मुझे लगा था कि जिंदा भी नहीं बचूंगी। बेहोश हो गई थी। तब से ही सुनाई देना बंद हो गया। वो साल भर से मुझसे कोई मतलब नहीं रखता था। खाने-पीने का खर्च तक नहीं उठाता था। कई साल पहले कमाने के लिए शहर चला गया था। धीरे-धीरे मतबल रखना भी बंद कर दिया। किसी दूसरी औरत के साथ रहने लगा था।आंसू भरी आंखों से वो मेरी तरफ देखती हैं और पूछती हैं- ‘मैडम, आप ही बताइए, क्या मैं घर में बंद होकर रहती? मैं अपने ही रिश्तेदारों के घर भी न जाती? जब उसने मुझे छोड़ दिया था, तो उसके बाद मैं कहीं भी जाऊं, उसका तो मेरे ऊपर कोई हक नहीं है न।’ ‘वो तो ऊपर वाले ने मेरी उम्र लिखी थी, इसलिए बच गई। लेकिन सच कहूं तो उस दिन के बाद से जिंदा लाश की तरह जिंदगी जी रही हूं। अब जब घर से बाहर किसी को देखती हूं तो लगता इसने भी मुझे पिटते देखा होगा। इसलिए किसी से नजरें नहीं मिला पाती। जिस पति ने मेरा ये हाल किया, उससे मैंने पसंद की शादी की थी। मेरे घरवाले नहीं चाहते थे। हर कोई शादी के खिलाफ था, इसलिए मैंने घर से भागकर शादी की थी। अब देखिए, उस पति ने कहीं मुंह दिखाने लायक नहीं छोड़ा।’ ‘20 साल पहले की बात है। तब मैं 9वीं में पढ़ती थी, 16 साल की थी। जितेंद्र मेरे चाचा के लड़के का साला है। रिश्तेदारी में अक्सर आना-जाना होता था। वहीं हमारी बातें शुरू हुईं और धीरे-धीरे एक-दूसरे को पसंद करने लगे। जब घरवालों को पता चला, तो लड़ाई-झगड़े होने लगे। मां-बाप कहने लगे कि इस तरह रिश्तेदारी में शादी नहीं हो सकती। अगर उससे शादी की तो जान से मार देंगे। तब जितेंद्र ने बोला- ‘चलो, भागकर शादी कर लेते हैं। एकबार शादी हो गई तो कोई क्या ही कर लेगा।’ आखिर हम दोनों घर छोड़कर भाग गए और शादी कर ली।’ ताराबाई बात कर ही रही थीं, तभी बीच में उनके चाचा के बेटे बबलू सारथी बोल पड़े, ‘हां, पहले हम इस शादी के खिलाफ थे, लेकिन दोनों नहीं माने। भागकर शादी कर ली। फिर हमने सोचा कि लड़का अपनी ही जात-बिरादरी का है। परिवार भी जाना-पहचाना है। बात बढ़ाने से क्या ही फायदा। दोनों को बुलाया और शादी की मंजूरी दे दी। शुरुआत में सबकुछ ठीक भी था। दोनों साथ थे, घर बस गया और धीरे-धीरे परिवार भी बढ़ने लगा। उनके दो बेटे और दो बेटियां हैं। धीरे-धीरे बात बिगड़ने लगी दरअसल, जितेंद्र की बहन से मेरी शादी नहीं चली। आए दिन हमारे झगड़े होते थे। वो कभी जान देने की धमकी देती, तो कभी अपनी नस काट लेती। उसकी इन हरकतों से हम डर गए। आखिरकार, पंचायत बुलाई और हमारा तलाक हो गया। यहीं से दोनों परिवारों के रिश्तों में दरार पड़ गई। इसके बाद ताराबाई और जितेंद्र के रिश्ते लगातार बिगड़ते चले गए। जितेंद्र ने अपनी बहन का बदला लेना शुरू कर दिया। वह आए दिन ताराबाई पर गुस्सा उतारने लगा।’ ताराबाई फिर बोल पड़ती हैं, ‘भाई का तलाक क्या हुआ, उसके बाद से तो मेरी जिंदगी नरक बन गई। दोनों परिवार के रिश्ते दुश्मनी में बदल गए। जितेंद्र कभी शहर में दिहाड़ी मजदूरी करता, तो कभी गांव में गाड़ी चलाता था। इसी से घर का खर्च चलता था। धीरे-धीरे उसने मेरी तरफ ध्यान देना बंद कर दिया। कुछ साल बाद शहर में उसके दूसरी महिला से संबंध हो गए। आधी रात को शराब पीकर घर आता फिर मुझे पीटता। कई-कई दिन तो घर भी नहीं आता था। मुझे खर्च के पैसे देना भी बंद कर दिए। कई बार तो राशन तक के पैसे नहीं होते थे। जब मैं जितेंद्र से उसके दूसरी औरत से संबंध के बारे में बात करती, तो ये कहकर टाल देता कि तू पागल है,ऐसा कुछ नहीं है। चारों बच्चों की जिम्मेदारी पूरी तरह मेरे कंधों पर आ गई थी। मैं उससे कहती, अगर तुम उसे दूसरी पत्नी बनाना चाहते हो, तो बना लो, लेकिन बच्चों की देखभाल भी करो। इसी बात पर अक्सर झगड़ा हो जाता और वो मुझे मारने लगता था। एकबार तो चार दिन तक घर में राशन नहीं था और जितेंद्र एक हफ्ते से घर नहीं लौटा था। जब वो शराब पीकर घर आया तो मैंने कहा- दूसरी औरत के लिए अपने बच्चों को परेशान कर रहे हो, कुछ तो हमारे बारे में भी सोचो। इसपर वो नाराज हो गया और कमरे का दरवाजा भीतर से बंद कर लिया। मेरे कपड़े उतरवा दिए और मुझे बुरी तरह पीटा। उस दिन मुझे समझ आ गया था कि जितेंद्र के लिए अब मैं सिर्फ गुस्सा निकालने का जरिया बन गई हूं। इस तरह हमारे बीच झगड़ा बढ़ता ही जा रहा था। मुझे बच्चों की ज्यादा चिंता होने लगी थी। फिर एक दिन झगड़ा हुआ तो उसने मेरा सिंदूर पोंछ दिया और मंगलसूत्र भी तोड़ दिया। कहने लगा- अब से तू मेरी पत्नी नहीं। निकल जा मेरे घर से। अगले दिन मैं अपनी बुआ सास के घर चली गई। जितेंद्र ने फोन किया और कहने लगा- तू वहां क्यों गई है? किससे मिलने गई है? गोद में छोटी बेटी को लेकर, बुआ सास के घर किससे मिलने जाती?’ जबरदस्ती कहता था कि तेरे और तेरे जीजा के बीच में कुछ चल रहा है। एक दिन फिर उस औरत को लेकर हमारा झगड़ा हुआ। मैंने जितेंद्र से कहा- जरूरत पड़े, तो मैं दूसरी औरत के साथ भी रह लूंगी। लेकिन तुम बच्चों को दूर मत करो। उनका ध्यान रखो मैडम आप ही बताइए, आखिर कौन-सी औरत अपनी सौतन के साथ रहने की बात करती है? लेकिन मैंने अपने बच्चों के लिए यह भी मंजूर कर लिया था। जितेंद्र का व्यवहार तब भी नहीं बदला। न तो हमारे झगड़े खत्म हुए और न ही उसका मारना पीटना। आखिर, एक दिन मैं घर छोड़कर निकल गई। रास्ते में मुझे जीजा मिल गए। उनको देखते ही मैं रोने लगी। वो मुझे मोटरसाइकिल में बैठाकर मायके छोड़ आए। अगले दिन जितेंद्र को पता चला, तो वह मुझे लेने आया। बहुत शांति से मुझे घर वापस ले गया। लगा कि शायद अब सब ठीक हो जाएगा, लेकिन घर पहुंचते ही मेरे साथ मारपीट शुरू कर दी। कहने लगा कि मैं अपने जीजा के साथ रहती हूं। मेरा उनसे चक्कर है। मुझे जिसके साथ भी देख लेता, उसी से मेरा रिश्ता जोड़ देता। उसे मारने-पीटने का कोई न कोई बहाना चाहिए होता था। गांव की दुकानों में उधारी लेकर बच्चों का पेट पाल रही थी। धीरे-धीरे उधार इतना बढ़ गया कि दुकान वालों ने देहरी चढ़ने से भी मना कर दिया। ससुराल वाले भी जितेंद्र को कुछ नहीं कहते थे। उल्टा सास तो मुझे ही तंग करती थीं। यहां तक कि जितेंद्र को उकसाती थीं। कहती थीं- इसने घर से भागकर तुमसे शादी की है। यह सही औरत नहीं है। इसे छोड़ दो।’ उस घटना को हुए 20 दिन से ज्यादा हो गए हैं। आज भी सिर में दर्द रहता है। ठीक से सुनाई नहीं देता। कभी-कभी अचानक कान में तेज दर्द शुरू हो जाता है। भूख नहीं लगती। घर से बाहर निकलने का मन ही नहीं करता। डर लगता है। लोगों से बात करने की हिम्मत नहीं होती। मैंने पूछा- इतना सब होने के बाद भी उस घर में क्यों लौटती रही? ताराबाई बिना ज्यादा सोचे बोलीं- ‘क्योंकि मुझे अपने बच्चों के साथ रहना था। लेकिन जब बार-बार कोशिश के बाद भी कुछ नहीं बदला तो एक साल पहले मैंने उसका घर छोड़ दिया था।' ताराबाई का कहना है कि- घटना के बाद मेरा परिवार पुलिस के पास शिकायत लेकर पहुंचा। शुरुआत में पुलिस ने मामले को हल्के में लिया। उसके बाद परिवार लोकल सामाजिक कार्यकर्ता पंकज तिवारी के पास पहुंचा, तब कड़ी धाराएं जोड़ीं। पंकज तिवारी बताते हैं- उस दिन शाम करीब 5 बजे ये लोग मेरे पास आए। उन्होंने पूरी घटना बताई और वीडियो दिखाया। वीडियो देखते ही मैं सन्न रह गया। मुझे लगा कि यह सिर्फ मारपीट का मामला नहीं, बल्कि इंसानियत को शर्मसार करने वाली घटना है। अगले ही दिन मैंने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर मामले को सार्वजनिक किया। हमारी मांग है कि घटना की गंभीरता को देखते हुए आरोपी पर गैर-जमानती और कड़ी धाराएं लगाई जाएं। जिस तरह से ताराबाई के साथ सार्वजनिक रूप से अपमान और हिंसा की गई, उसे सामान्य अपराध मानकर नहीं देखा जा सकता। एक इंसान को शारीरिक रूप से घायल होने के बाद भी इलाज मिल सकता है, लेकिन जिस तरह की सार्वजनिक बेइज्जती की गई है, उसके निशान शायद जिंदगी भर नहीं मिटेंगे।’ कोरिया जिला थाना प्रभारी प्रमोद पांडे बताते हैं कि 15 जून को ताराबाई आई थीं। उनकी शिकायत थी कि 14 जून सुबह 7 बजे उसके पति जितेंद्र घसिया अपने बच्चों के साथ गांव पांडुपुरा पहुंचा और उनके हाथ-पैर बांधकर सिर मुंडवाया। बुरी तरीके से मारा। जिसके आधार पर हमने एफआईआर दर्ज कर ली थी। जितेंद्र को गिरफ्तार भी कर लिया था। उसपर लगी धाराएं जमानती थी। लेकिन फिर पता लगा कि आरोपी ने तारा का चेहरा काला किया। बच्चों का और अपना पेशाब भी पिलाया। फिर एफआईआर में हमने बीएनएस की धारा 123 जोड़ी जो गैर जमानती धारा है। थाना प्रभारी प्रमोद पांडे के अनुसार तारा के पति का आरोप था कि वह 11 महीने से घर और बच्चों को छोड़कर किसी और के साथ रह रही थी। पांडे यह भी बताते हैं कि उन्होंने अपने कार्यकाल में ऐसी वीभत्स और अमानवीय घटना कभी नहीं देखी है। इसी के आधार पर एफआईआर में सख्त धाराएं जोड़ी गई हैं। ----------------------------------- ब्लैकबोर्ड की ये कहानियां भी पढ़ें… 1- ब्लैकबोर्ड-दूसरे के बच्चे धोखे से मेरी कोख में डाल दिए:शक्ल-सूरत नहीं मिली तो DNA करवाया, आखिर कहां गए मेरे बच्चे आज ब्लैकबोर्ड में कहानी ऐसे पति-पत्नी की जिनकी दो बेटियां हैं। इन्होंने एकबार फिर मां-बाप बनने का फैसला किया, लेकिन उम्र आड़े आ गई। डॉक्टर ने सलाह दी- ‘IVF आजमाइए।’ पूरी स्टोरी यहां पढ़ें 2- ब्लैकबोर्ड- तानों से परेशान होकर ब्रेस्ट इम्प्लांट करवाया:ऑडिशन वाले कहते थे- तुम्हारा फिगर ठीक नहीं, अब आधी कमाई सर्जरी की EMI में जा रही एकबार मैं ऑडिशन के लिए गई थी। वहां मुझे ट्रायल के लिए एक बिकिनी दी गई। 10-15 मर्दों के सामने जैसे ही बिकिनी पहनकर बाहर आई, तो सब हंसने लगे। कहने लगे- 'अरे मैडम, ये सब आपके लिए नहीं है। आप तो एकदम फ्लैट हैं।' पूरी स्टोरी यहां पढ़ें
ओप्पो इंडिया ने अपने स्मार्टफोन की रेनो 1616 सीरीज लॉन्च की
जयपुर। ओप्पो इंडिया ने बुधवार को अपनी रेनो 1616 सीरीज (स्मार्टफोन) लॉन्च की। इस सीरीज में भारत के पहले होलोवर्स थ्री डी डिजाइन, 50 एमपी के मेन और 3.5एक्स टेलीफोटो लेंस वाले एआई पोर्ट्रेट कैमरा, नैचुरल टोन इमेजिंग और ऑल-फोकल-लेंथ के साथ दो स्मार्टफोन रेनो 1616 और रेनो 1616 सी पेश किए गए हैं। इस […] The post ओप्पो इंडिया ने अपने स्मार्टफोन की रेनो 1616 सीरीज लॉन्च की appeared first on Sabguru News .
नंदीग्राम एक्सप्रेस में सजाई सुहागरात की सेज, टीटीई निलंबित
नई दिल्ली। रेलवे ने महाराष्ट्र में बल्हारशाह से दादर (मुंबई) के बीच चलने वाली नंदीग्राम एक्सप्रेस के एक प्रथम श्रेणी वातानुकूलित कूपे को सुहागरात की सेज के रूप में सजाने के मामले को गंभीरता से लिया है और इस मामले में लापरवाही बरतने के आरोप में ट्रेन टिकट निरीक्षक (टीटीई) को निलंबित कर विस्तृत विभागीय […] The post नंदीग्राम एक्सप्रेस में सजाई सुहागरात की सेज, टीटीई निलंबित appeared first on Sabguru News .
कालीघाट में भारी हंगामा, ममता बनर्जी ने खोया आपा, भाजपा पर बरसीं
कोलकाता। पश्चिम बंगाल के बारुईपुर में एक नाबालिग लड़की से कथित सामूहिक दुष्कर्म और हत्या के विरोध में तृणमूल कांग्रेस की छात्र-युवा इकाई की बुधवार को रैली के दौरान जबरदस्त हंगामा और राजनीतिक हिंसा भड़क उठी। रैली पर भाजपा समर्थकों के कथित हमले और दो पक्षों के बीच हुई हिंसक झड़प के बाद स्थिति इतनी […] The post कालीघाट में भारी हंगामा, ममता बनर्जी ने खोया आपा, भाजपा पर बरसीं appeared first on Sabguru News .
दरभंगा में स्पा सेंटर की आड़ में चल रहे देह व्यापार का भंडाफोड़
दरभंगा। बिहार के दरभंगा जिले में पुलिस ने स्पा सेंटर की आड़ में कथित रूप से चल रहे देह व्यापार का भंडाफोड़ करते हुए कुल छह लोगों को गिरफ्तार किया है। क्राइम ब्रांच के पुलिस उपाधीक्षक उदय शंकर ने बुधवार को बताया कि सूचना मिली थी कि लहेरियासराय थाना क्षेत्र के जीएन गंज स्थित पंजाब […] The post दरभंगा में स्पा सेंटर की आड़ में चल रहे देह व्यापार का भंडाफोड़ appeared first on Sabguru News .
ग्वालियर : शादी का झांसा देकर युवती से रेप, प्रेगनेंट होने पर दिया धोखा
ग्वालियर। मध्यप्रदेश के ग्वालियर में जिम में हुई दोस्ती के बाद शादी का झांसा देकर युवती से दुष्कर्म करने तथा गर्भवती होने पर विवाह से इनकार करने का मामला सामने आया है। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ प्रकरण दर्ज कर उसकी तलाश शुरू कर दी है। पुलिस के अनुसार गोला का मंदिर थाना क्षेत्र निवासी […] The post ग्वालियर : शादी का झांसा देकर युवती से रेप, प्रेगनेंट होने पर दिया धोखा appeared first on Sabguru News .
भारत की सबसे बड़ी ओटीटी फ्रेंचाइजी 'मिर्जापुर' अब 'मिर्जापुर: द मूवी' के साथ इतिहास रचने जा रही है। पंकज त्रिपाठी, दिव्येंदु शर्मा और अली फज़ल स्टारर यह फिल्म बड़े पर्दे पर आने वाली पहली भारतीय स्ट्रीमिंग फ्रेंचाइजी बनने जा रही है। हाल ही में रिलीज हुए इसके टीजर ने फैंस के बीच जबरदस्त उत्साह पैदा कर दिया है और इंटरनेट पर तहलका मचा दिया है। जैसे-जैसे फिल्म को लेकर उत्सुकता बढ़ रही है, फैंस एक बार फिर उन आइकॉनिक किरदारों से मिलने का इंतजार कर रहे हैं, जो पिछले कुछ सालों में पॉप-कल्चर का हिस्सा बन चुके हैं। इन सबसे पसंदीदा किरदारों में से एक है अभिषेक बनर्जी का कंपाउंडर सुबोध, जिसकी लोकप्रियता आज भी बरकरार है। A post shared by Mirzapur (@yehhaimirzapur) हाल ही में अभिषेक ने बताया कि एक फैन ने उन्हें कंपाउंडर सुबोध कहकर पहचाना, जिसे उन्होंने हर अभिनेता का सपना बताया। उन्होंने कहा, हां, जना और हथौड़ा त्यागी। मुझे लगता है कि लोग आज भी मुझे मेरे नाम से ज्यादा इन किरदारों के नाम से जानते हैं और मुझे इससे सच में बहुत खुशी होती है। ALSO READ: ओरी ने दिखाई अंशुला कपूर की शादी की झलकियां, आलिया भट्ट संग स्टाइलिश पोज़ और रेखा की झप्पी हुई वायरल अभिषेक ने कहा, जब आपके किरदार लोगों को पसंद आते हैं, तो उनसे एक अलग रिश्ता बन जाता है। अभी मैं यहां आ रहा था तो सिक्योरिटी गार्ड ने मुझे रोककर कहा, 'अरे, मिर्जापुर वाला कंपाउंडर।' उसने मुझे इसी तरह याद रखा। मैं अपने दर्शकों के साथ बिल्कुल ऐसा ही रिश्ता बनाना चाहता हूं। A post shared by Excel Entertainment (@excelmovies) अपने अभिनय सफर के बारे में बात करते हुए अभिषेक ने कहा, अभी तो सफर बहुत लंबा है, यह तो बस शुरुआत है। मेरे लिए सबसे जरूरी बात यह है कि लोग मुझे मेरे काम और मेरी एक्टिंग से पहचानें, न कि मैं असल जिंदगी में कैसा हूं। और मुझे जो काम मिल रहा है, उसके लिए मैं बहुत आभारी हूं। फिल्म की स्टारकास्ट को और दमदार बनाते हुए इसमें अभिषेक बनर्जी, रसिका दुग्गल, मोहित मलिक, शीबा चड्ढा, राजेश तैलंग, प्रमोद पाठक, श्रिया पिलगांवकर, हर्षिता शेखर गौर, श्वेता त्रिपाठी और सोनल एस चौहान भी नजर आएंगे। ये सभी मिलकर मिर्जापुर की दुनिया के एक अनकहे और भव्य अध्याय को बड़े पर्दे पर लेकर आने वाले हैं। 'मिर्जापुर: द मूवी' को अमेज़न एमजीएम स्टूडियोज और एक्सेल एंटरटेनमेंट प्रस्तुत कर रहे हैं। फिल्म का निर्देशन गुरमीत सिंह ने किया है, जबकि इसकी कहानी पुनीत कृष्णा ने लिखी है। फिल्म को रितेश सिधवानी और फरहान अख्तर ने एक्सेल एंटरटेनमेंट के बैनर तले प्रोड्यूस किया है, वहीं कासिम जगमगिया और विशाल रामचंदानी इसके सह-निर्माता हैं। यह फिल्म 4 सितंबर 2026 को सिनेमाघरों में भव्य तरीके से रिलीज होगी।
विवाद : यूपी विधानसभा चुनाव से पहले डैमेज कंट्रोल में जुटे भाजपा-आरएसएस
लखनऊ। अयोध्या के राम मंदिर में चढ़ावे से जुड़े विवाद के बाद भारतीय जनता पार्टी और राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) उत्तर प्रदेश में व्यापक जनसंपर्क अभियान की तैयारी में जुट गए हैं। पार्टी नेतृत्व को आशंका है कि यह विवाद आगामी उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव में विपक्ष का बड़ा मुद्दा बन सकता है और इसका […] The post विवाद : यूपी विधानसभा चुनाव से पहले डैमेज कंट्रोल में जुटे भाजपा-आरएसएस appeared first on Sabguru News .
ट्रंप ने ईरान के साथ युद्धविराम समझौता समाप्त घोषित किया, परमाणु वार्ता पर जताई निराशा
अंकारा। अमरीका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान के साथ तीन सप्ताह पहले हुए युद्धविराम समझौते को समाप्त घोषित करते हुए कहा है कि यह समझौता अब प्रभावी नहीं रहा। इसके व्यावहारिक परिणामों को लेकर उन्होंने कोई स्पष्ट जानकारी नहीं दी है। ट्रंप ने अंकारा में पत्रकारों से बातचीत में कहा कि युद्धविराम समझौता अब […] The post ट्रंप ने ईरान के साथ युद्धविराम समझौता समाप्त घोषित किया, परमाणु वार्ता पर जताई निराशा appeared first on Sabguru News .
संजू सैमसन की विदाई पर गर्माते विवाद के बीच आया गंभीर का यह बयान
भारतीय टीम के मुख्य कोच गौतम गंभीर ने कहा कि संजू सैमसन को टीम में उनकी भूमिका के बारे में स्पष्टीकरण दे दिया गया है और उन्होंने इंग्लैंड के खिलाफ चल रही T20I श्रृंखला में इस विकेटकीपर-बल्लेबाज की वापसी की संभावना से इनकार नहीं किया। सैमसन को आगामी जिम्बाब्वे दौरे के लिए टीम से बाहर कर दिया गया है। गंभीर ने कहा कि यह सीनियर खिलाड़ी पांच मैचों की मौजूदा श्रृंखला में भारत की योजनाओं में शामिल हैं, जिसमें मेहमान टीम दो हार और बारिश के कारण रद्द हुए एक मैच के बाद 0-2 से पीछे है। गंभीर ने मंगलवार को यहां तीसरे टी20 मैच में भारत की 125 रन से हार के बाद कहा, ‘‘संजू सैमसन को जो स्पष्टता दी जानी चाहिए थी, वह उन्हें मुझसे मिल गई है। यह बातचीत मुख्य कोच और खिलाड़ी के बीच होती है। इसे मैं आपके साथ साझा नहीं कर सकता हूं।’’ उन्होंने कहा, ‘‘ संजू ने विशेष कर विश्व कप में जिस तरह का प्रदर्शन किया वह असाधारण था लेकिन कभी-कभी आपको खिलाड़ी की फॉर्म पर भी गौर करना पड़ता है। ऐसा कोई अटल नियम नहीं है कि वह इस श्रृंखला में वापसी नहीं कर सकता।’’ “What Sanju Samson has done for India at World Cup is phenomenal; no hard rule says he can’t return in this series.” Gautam Gambhir delivers explosive press conference after Trent Bridge defeat #ENGvIND pic.twitter.com/r3FXgdS3Nb — Siddharth Thakur (@fvosid) July 7, 2026 सैमसन को इस साल के शुरू में खेले गए विश्व कप में टूर्नामेंट का सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ी चुना गया था लेकिन आयरलैंड के खिलाफ दो मैच और इंग्लैंड के खिलाफ पहले मैच में कुल मिलाकर वह केवल छह रन ही बना पाए इसके बाद उन्हें अंतिम एकादश से बाहर कर दिया गया। उनकी जगह 15 वर्षीय वैभव सूर्यवंशी को टीम में शामिल किया गया। इस 31 वर्षीय खिलाड़ी को जिम्बाब्वे के खिलाफ तीन मैचों की टी20 सीरीज के लिए टीम से भी बाहर कर दिया गया था, क्योंकि चयनकर्ताओं ने पंजाब किंग्स के लिए आईपीएल में शानदार प्रदर्शन करने वाले प्रभसिमरन सिंह को प्राथमिकता दी थी। गंभीर ने कहा कि टीम का चयन मौजूदा फॉर्म और उस संयोजन के आधार पर किया जाएगा जो भारत को जीतने का सबसे अच्छा मौका देता है।उन्होंने कहा, ‘‘आखिर में जीत महत्वपूर्ण होती है और हम उस संयोजन के साथ उतरेंगे जिसको लेकर हमें लगता है कि वह हमें जीत दिला सकता है। मेरा शुरू से मानना है कि प्रत्येक खिलाड़ी को टीम में अपनी जगह बनानी पड़ती है।’’
चातुर्मास 2026: सिद्धि की कामना है तो इन 4 कार्यों को न भूलें
हिन्दू पंचांग के अनुसार आषाढ़ माह के शुक्ल पक्ष की एकादशी यानी 'देवशयनी एकादशी' से चातुर्मास का प्रारंभ होता है जो देव उठनी एकादशी तक रहता है। यह चार महीने में साधु और संतजन एक ही जगह पर रुककर साधना और प्रवचन का कार्य करते हैं। यह समय साधना के द्वारा सिद्धि प्रात करने का सबसे उचित समय माना गया है। चलिए जानते हैं कि ऐसे कौन से 4 कार्य हैं जिन्हें करने से इन 4 माह में आप सिद्धियां प्राप्त कर सकते हैं। सिद्धियां: साधना और सिद्धियां कई प्रकार की होती है। परा और अपरा के साथ ही तंत्र साधान और सिद्धि भी होती है। महाविद्या और अन्य साधनाएं: तंत्र और अघोर विधाओं में दस महाविद्या, भैरव, वाराही, चौसठ योगिनी, यक्ष-यक्षिणी, अप्सरा या गंधर्व आदि की साधनाएं की जाती हैं। इनके अलावा वीर, नाग, देव, नायिका, किन्नर और पिशाचिनी साधनाएं भी होती हैं (इन्हें केवल गुरु के मार्गदर्शन में ही करना चाहिए)। सात्विक साधना (सर्वोत्तम मार्ग): गृहस्थों और आम साधकों के लिए सात्विक साधनाएं ही सबसे सुरक्षित और श्रेष्ठ मानी गई हैं, जैसे- हनुमान साधना, मां दुर्गा साधना, मां वाराही साधना, वैष्णवी साधना, योग साधना, मनःशक्ति योग साधना आदि। सिद्धियों के लिए करें 5 प्रमुख कार्य: 1. पूर्ण त्याग वर्जित खाद्य पदार्थ: इन चार महीनों में तेल से बनी चीजें, दूध, शक्कर, दही, बैंगन, हरी पत्तेदार सब्जियां, नमकीन, प्याज, लहसुन, उड़द की दाल, तीखा या मसालेदार भोजन, मिठाई और सुपारी का सेवन न करें। मांस और मदिरा जैसे तामसिक पदार्थों से पूरी तरह दूर रहें। विकारों का त्याग: इन 4 महीनों में क्रोध, ईर्ष्या, असत्य वचन, कटु वचन और अभिमान जैसे नकारात्मक भावनात्मक विकारों को अपने भीतर से निकाल दें। भौतिक सुखों से दूरी: सभी प्रकार की विलासिता की वस्तुओं और आधुनिक गैजेट्स जैसे मोबाइल, टेलीविजन, रेडियो आदि से दूरी बना लें ताकि ध्यान केंद्रित रह सके। 2. नियमों का करें पालन: भूमि शयन: चातुर्मास के दौरान पलंग या गद्दे का त्याग कर फर्श (भूमि) पर सोना अत्यंत शुभ और फलदायी माना जाता है। दिनचर्या: प्रतिदिन सूर्योदय से पहले (उषाकाल में) उठना चाहिए और नियमपूर्वक अच्छे से स्नान करना चाहिए। रात्रि में जल्दी सोने का नियम बनाएं। मौन का पालन: व्यर्थ की बातों और अनावश्यक वार्ताओं का पूरी तरह त्याग करें। अधिकतर समय मौन रहने का प्रयास करें। खान-पान और आहार का नियम: एकभुक्त व्रत: दिन में केवल एक ही बार (एक समय) सात्विक और उत्तम भोजन ग्रहण करना चाहिए। 3. जप, ध्यान और योग साधना: आपको यह तरह करना है कि कौनसी सिद्धि प्राप्त करना है उसी के अनुसार आपको- त्रिकाल ध्यान, त्रिकाल संध्या, मंत्र या नाम जप या योग साधना का चयन करना होगा। त्रिकाल ध्यान: प्रतिदिन सुबह और शाम को 40-40 मिनट का ध्यान (Meditation) करें और सूर्य नमस्कार का अभ्यास करें। रात को सोने से पहले भी 20 मिनट ध्यान में बैठें। मंत्र और नाम जप: आप चाहें तो अपने इष्ट देव के नाम का निरंतर मानसिक जप करते रह सकते हैं। किसी विशिष्ट मंत्र की सिद्धि के लिए इस अवधि में अनुष्ठान किया जा सकता है। योग साधना: योग शास्त्र में कई सिद्धियों और उन्हें प्राप्त करने के प्रामाणिक तरीकों का वर्णन मिलता है। किसी योग्य मार्गदर्शन में उनमें से किसी एक विधा को साधने का प्रयास करें। 4. कल्पवास और गहन साधना यदि ऊपर बताए गए नियम और अनुशासन घर पर रहकर निभाना संभव न हो, तो इस अवधि में कल्पवास करना सबसे उत्तम मार्ग है। इसके लिए आप किसी एकांत स्थान या गुरु के आश्रम में वास कर सकते हैं। यहां रहकर आप सभी यम नियमों का पालन कर सकते हैं। कल्पवास में निम्नलिखित कार्य करें। तप और ब्रह्मचर्य: निश्चित तिथि या नियमों के अनुसार मानसिक संयम और पूर्ण ब्रह्मचर्य का पालन करते हुए व्रत रखकर साधना की जाती है। साधक इस दौरान भूमि पर ही सोते हैं। मौन से मानसिक शक्ति का विकास: मौन रहने से मन की बिखरी हुई ऊर्जा एकत्रित होती है और इच्छाशक्ति बढ़ती है। मौन रहकर मानसिक हलचलों को धीरे-धीरे शांत किया जाता है, जिससे साधक अपने मूल लक्ष्य पर ध्यान केंद्रित कर पाता है। सत्संग: इस अवधि में उच्च कोटि के साधुओं के साथ सत्संग करना भी विशेष लाभ देता है। नियमित त्रिकाल जप: उषाकाल में जागकर और शुद्ध होकर सुबह, दोपहर, शाम और रात्रि के समय निर्धारित संख्या में मंत्रों का जाप किया जाता है। माना जाता है कि चातुर्मास में किए गए मंत्र जप जल्दी सिद्ध होते हैं; विशेषकर साबर मंत्रों की सिद्धि इस समय बहुत शीघ्र होती है।
सारण में नाबालिग लड़की के साथ प्रेमी समेत दो दोस्तों ने किया रेप
छपरा। बिहार में सारण जिले के मुफस्सिल थाना क्षेत्र में एक नाबालिग लड़की के साथ दुष्कर्म करने के मामले में पुलिस ने तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस सूत्रों ने बुधवार को बताया कि मगाईडीह गांव की एक नाबालिग लड़की अपने प्रेमी से मिलने चंवर में गई थी। जहां उसके प्रेमी ने जब गलत […] The post सारण में नाबालिग लड़की के साथ प्रेमी समेत दो दोस्तों ने किया रेप appeared first on Sabguru News .
आकांक्षा रंजन का सिजलिंग एथनिक लुक वायरल, फ्लोरल सीक्विन साड़ी में लगीं बेहद खूबसूरत
बॉलीवुड एक्ट्रेस आकांक्षा रंजन अपने फैशन सेंस और कमाल के स्टाइल स्टेटमेंट के लिए जानी जाती हैं। लेटेस्ट तस्वीरों में पारंपरिक पहनावे को मॉडर्न और सिजलिंग टच देते हुए आकांक्षा ने साबित कर दिया है कि आखिर क्यों उन्हें बी-टाउन की अगली स्टाइल आइकॉन माना जा रहा है। तस्वीरों में आकांक्षा ने डार्क शेड फ्लोरल प्रिंटेड सीक्विन साड़ी पहनी है। इसके साथ उन्होंने डीप ब्लैक कलर का स्ट्रेपलेस कॉरसेट ब्लाउज कैरी किया है, जिसमें बेहद बारीक शिमर और ग्लिटर वर्क साफ देखा जा सकता है। यह कॉरसेट ब्लाउज उनके कर्वी फिगर को परफेक्ट शेप दे रहा है। ALSO READ: डीप वी-नेक आउटफिट में रकुल प्रीत सिंह ने ढाया कहर, तस्वीरों ने जीता फैंस का दिल साड़ी की शाइन और कॉरसेट का बोल्ड कॉम्बिनेशन उन्हें किसी डीवा जैसा लुक दे रहा है। हाथ में मैचिंग एम्ब्रॉएडर्ड पोटली बैग उनके इस लुक को पूरी तरह से कम्पलीट कर रहा है। इन तस्वीरों में आकांक्षा एक से बढ़कर एक कातिलाना और सेक्सी पोज़ देती नजर आ रही हैं। कभी वो कैमरे की तरफ देखते हुए अपनी मदहोश कर देने वाली आंखों का जादू चला रही हैं, तो कभी सिजलिंग अंदाज में अपनी साड़ी का पल्लू लहरा रही हैं। बॉलीवुड की अन्य लेटेस्ट खबर पढ़ने के लिए क्लिक करें इस शिमरी आउटफिट को बैलेंस करने के लिए आकांक्षा ने अपने मेकअप और हेयर स्टाइल को काफी स्लीक और सटल रखा है। उन्होंने मिडिल पार्टिंग के साथ अपने स्ट्रेट बालों को खुला रखा है, जो उनके शोल्डर लाइन और कॉरसेट ब्लाउज को बखूबी हाइलाइट कर रहा है। ज्वेलरी की बात करें तो उन्होंने गले में एक खूबसूरत स्लीक डायमंड और एमराल्ड नेकपीस पहना है, जो उनके लुक में चार चांद लगा रहा है। डार्क लिपस्टिक और न्यूड ग्लोइंग मेकअप के साथ उनका यह लुक किसी भी नाइट पार्टी या रेड कार्पेट इवेंट के लिए एकदम परफेक्ट है।
महाराष्ट्र के सतारा जिले में करंट लगने से एक ही परिवार के 4 लोगों की मौत
कोल्हापुर/सतारा। महाराष्ट्र के सतारा जिले में बुधवार सुबह बिजली की ओवरहेड लाइन के संपर्क में आने से एक ही परिवार के चार सदस्यों की मौत हो गई। मृतकों में पति पत्नी और उनके दो बच्चे शामिल हैं। पुलिस के अनुसार जिले की फलटण तहसील के खामगांव गांव में यह घटना तब हुई जब परिवार के […] The post महाराष्ट्र के सतारा जिले में करंट लगने से एक ही परिवार के 4 लोगों की मौत appeared first on Sabguru News .
FIFA World Cup की गोल्डन बूट की दौड़ में लियोनेल मेस्सी सबसे आगे
लियोनेल मेस्सी ने मिस्र के खिलाफ मंगलवार को इस विश्व कप में अपना आठवां गोल दागा और ‘गोल्डन बूट’ की दौड़ में आगे निकलने के साथ टूर्नामेंट में लगातार गोल करने का सिलसिला नौ मैचों का कर लिया।मेस्सी ने विश्व कप कैरियर का 21वां और इस विश्व कप का आठवां गोल 83वें मिनट में गोंजालो मोंटियेल की मदद से दागा और अर्जेंटीना को 2-2 से बराबरी भी दिलाई । इससे पहले 19वें मिनट में वह पेनल्टी चूक गए थे। विश्व कप के मैचों में लगातार गोल करने का मेस्सी का सिलसिला 2022 से चला आ रहा है। वह लगातार नौ मैचों में 13 गोल कर चुके हैं।‘गोल्डन बूट’ की दौड़ में वह फ्रांस के कीलियन एमबाप्पे और नॉर्वे के एर्लिंग हालैंड से एक गोल आगे निकल गए हैं। इंग्लैंड के हैरी केन के छह गोल हैं। मेस्सी 2022 विश्व कप में ‘गोल्डन बूट’ की दौड़ में एमबाप्पे के बाद दूसरे स्थान पर थे । वहीं 2014 में उन्होंने चार गोल करके तीसरा स्थान हासिल किया था। The adidas Golden Boot race continues... #FIFAWorldCup pic.twitter.com/tnz3pZuLpv — FIFA World Cup (@FIFAWorldCup) July 8, 2026 मेस्सी ने निर्णायक गोल कर अर्जेंटीना को पहुंचाया फाइनल लियोनेल मेस्सी ने एक बार फिर अर्जेंटीना के लिये ‘संकटमोचक’ की भूमिका निभाई और मिस्र के खिलाफ 79वें मिनट तक दो गोल से पिछड़ रही मौजूदा चैम्पियन टीम को जीत के साथ विश्व कप क्वार्टर फाइनल में पहुंचाया।निर्धारित समय में 11 मिनट बाकी रहने तक अर्जेंटीना दो गोल से पिछड़ रहा था और ऐसा लगने लगा था कि कल क्रिस्टियानो रोनाल्डो के बाद आज मेस्सी की फुटबॉल के महासमर से विदाई की बेला आ गई है। इसके बाद हालांकि अर्जेंटीना ने तीन गोल दागकर जीत दर्ज की और दुनिया भर में उसके करोड़ों प्रशंसकों ने भी राहत की सांस ली। इसमें से बराबरी का गोल 83वें मिनट में मेस्सी ने दागा था जिनके अब विश्व कप कैरियर में 21 गोल हो गए हैं।आखिरी सीटी बजने के बाद मेस्सी अपने आंसू नहीं रोक सके। उनहोंने 83वें मिनट में इस विश्व कप में आठवां गोल करके टीम को 2-2 से बराबरी पर पहुंचाया।अब अर्जेंटीना का सामना शनिवार को कंसास सिटी में स्विटजरलैंड या कोलंबिया से होगा।
ईरान ने कुवैत एवं बहरीन में अमरीकी ठिकानों पर किए हमले
तेहरान। ईरान ने बुधवार को कहा कि उस पर अमरीकी हमलों के जवाब में कुवैत और बहरीन में अमरीकी ठिकानों पर हमला किया है। अमरीका के सेंट्रल कमांड (सेंटकॉम) ने मंगलवार रात कहा था कि अमरीका ने हॉर्मुज जलडमरूमध्य में तीन वाणिज्यिक जहाजों पर ईरान के हमलों के जवाब में ईरान के खिलाफ सिलसिलेवार हमले […] The post ईरान ने कुवैत एवं बहरीन में अमरीकी ठिकानों पर किए हमले appeared first on Sabguru News .
जस्टिस मार्कंडेय काटजू ने लिंचिंग मामले में फ़ैसला सुनाने के बाद जज तबस्सुम खान का संदेश साझा किया, उन्हें दी गई धमकियों की निंदा की और न्यायिक स्वतंत्रता की रक्षा के लिए कड़े कदम उठाने की मांग की।
बरुईपुर में नाबालिग से रेप एवं मर्डर केस का मुख्य आरोपी भागने की कोशिश में मारा गया
कोलकाता। पश्चिम बंगाल के बरुईपुर में नाबालिग के साथ कथित सामूहिक बलात्कार और हत्या के मामले में मुख्य आरोपी प्रभास मंडल घटनास्थल से भागने की कोशिश करने के दौरान पुलिस की गोली से मारा गया। पुलिस के अनुसार इस मामले में सबसे पहले गिरफ्तार किए गए मंडल को जांच के लिए बुधवार देर रात करीब […] The post बरुईपुर में नाबालिग से रेप एवं मर्डर केस का मुख्य आरोपी भागने की कोशिश में मारा गया appeared first on Sabguru News .
किशनगढ़बास में अवैध पेट्रोलियम पदार्थ तस्करी का भंडाफोड़, 4400 लीटर पेट्रोलियम पदार्थ जब्त
अलवर। राजस्थान में खैरथल-तिजारा जिले के किशनगढ़बास थाना क्षेत्र में पुलिस ने दो पिकअप वाहनों में भरे 4400 लीटर अवैध पेट्रोलियम पदार्थ जब्त करके दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। थाना प्रभारी बनवारी लाल मीणा ने बुधवार को बताया कि मंगलवार को देर शाम मुखबिर से सूचना मिली कि दो पिकअप वाहनों में बड़ी मात्रा […] The post किशनगढ़बास में अवैध पेट्रोलियम पदार्थ तस्करी का भंडाफोड़, 4400 लीटर पेट्रोलियम पदार्थ जब्त appeared first on Sabguru News .
हरियाणा पुलिस का ईएसआई हनी ट्रैप मामले में दो लाख रुपए रिश्वत लेते अरेस्ट
फरीदाबाद। हरियाणा राज्य सतर्कता एवं भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो ने हरियाणा पुलिस के एक एक्सटेंडेड सहायक पुलिस निरीक्षक(ईएसआई) को दो लाख की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार किया है। ब्यूरो ने भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की धारा 7 के तहत मामला दर्ज किया है। ब्यूरो के अनुसार शिकायतकर्ता हरियाणा पुलिस के सेवानिवृत्त ईएसआई हैं। वर्ष 2023 […] The post हरियाणा पुलिस का ईएसआई हनी ट्रैप मामले में दो लाख रुपए रिश्वत लेते अरेस्ट appeared first on Sabguru News .
रायपुर के उरला औद्योगिक क्षेत्र की फैक्ट्री में विस्फोट, 3 श्रमिकों की मौत
रायपुर। छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में उरला औद्योगिक क्षेत्र स्थित थ्रीडी फैक्ट्री में मंगलवार की शाम भीषण विस्फोट से तीन श्रमिकों की मौत हो गई। घटना इतनी भयावह थी कि एक श्रमिक का पैर कटकर करीब 10 फीट दूर जा गिरा। घटना के बाद फैक्ट्री परिसर में अफरा-तफरी मच गई। पुलिस के अनुसार, हादसे की […] The post रायपुर के उरला औद्योगिक क्षेत्र की फैक्ट्री में विस्फोट, 3 श्रमिकों की मौत appeared first on Sabguru News .
बीते 11 महीनों में मुंबई के बिजनेसमैन से 58 करोड़, दिल्ली की बुजुर्ग महिला से 20 करोड़ और गांधीनगर की डॉक्टर से 19 करोड़ रुपए डिजिटल अरेस्ट करके ठगे गए। डिजिटल अरेस्ट का ये काम किसी कॉर्पोरेट कंपनी की तरह चल रहा है। कंपनी में बकायदा HR हैं, हायरिंग और ट्रेनिंग होती है। टारगेट मिलता है। सैलरी के साथ इंसेंटिव भी दिया जाता है। भारत, अमेरिका, चीन समेत दुनियाभर के देशों के लोगों को ठगा जा रहा है। इस स्कैम का हब कंबोडिया और मलेशिया जैसे देश बन चुके हैं। इस स्कैम इंडस्ट्री को एक्सपोज करने के लिए भास्कर रिपोर्टर अक्षय बाजपेयी एजेंट बनकर नेटवर्क में शामिल हुए। 55 दिनों तक पड़ताल की। मुंबई से कंबोडिया और मलेशिया तक पहुंचे। उन एजेंट्स को कैमरे में कैद किया, जो इस नेटवर्क के पीछे हैं। पाकिस्तानी एजेंटों से डील की। एयरपोर्ट पर सेटिंग से लेकर स्कैम कंपाउंड्स का सच जाना। ‘ऑपरेशन स्कैम वर्ल्ड’ सीरीज के दो पार्ट में 9 और 10 जुलाई को पढ़िए और देखिए पूरा इन्वेस्टिगेशन।
72 साल बाद स्विट्जरलैंड ने रचा इतिहास, कोलंबिया को हराकर पहुंची क्वार्टरफाइनल में
स्विट्जरलैंड ने अतिरिक्त समय के बाद हुए रोमांचक पेनल्टी शूटआउट में कोलंबिया को 4-3 से हराया। इस जीत के साथ स्विट्जरलैंड 1954 के बाद पहली बार फीफा विश्व कप के क्वार्टर फाइनल में जगह बना ली। बीसी प्लेस में 120 मिनट के खेल के बाद भी स्विट्जरलैंड और कोलंबिया की टीमें कोई गोल नहीं कर सकीं। इसके बाद स्विट्जरलैंड के गोलकीपर ग्रेगोर कोबेल हीरो बनकर उभरे, उन्होंने क्रिस्टियन हर्नांडेज की पेनल्टी बचाई और फिर रूबेन वर्गास ने शांति से विनिंग स्पॉट-किक मारकर 4-3 से शूटआउट में टीम की जीत पक्की की। इस नतीजे के बाद अब क्वार्टर फाइनल में स्विट्जरलैंड का मुकाबला अर्जेंटीना से होगा, जो कैनसस सिटी में खेला जाएगा। भले ही अंतिम स्कोर कुछ भी रहा हो, लेकिन कोलंबिया की टीम ने अधिक आक्रामक प्रदर्शन किया और बेहतर मौके बनाए, खासकर अतिरिक्त समय के दौरान। डिफेंडर जॉन लुकुमी गोल करने के सबसे करीब पहुंचे थे, लेकिन उनका शॉट क्रॉसबार से टकरा गया। वहीं, 116वें मिनट में जॉन एरियास कैम्पाज को गोल करने का शानदार मौका मिला। लेकिन गोलकीपर कोबेल के सामने होने के बावजूद उन्होंने शॉट बार के ऊपर मार दिया। कप्तान ग्रैनिट जाका और डिफेंडर मैनुअल अकांजी की अगुवाई में स्विट्जरलैंड ने मजबूती से बचाव किया, लेकिन उन्हें गोल करने के अच्छे मौके बनाने में संघर्ष करना पड़ा, जबकि कोलंबिया ने अधिक खतरनाक हमले किए। Switzerland qualifying for the Quarter-final pic.twitter.com/15geSSHbEL — Memes vs. Football (@memesvsfootball) July 7, 2026 आखिरकार मैच पेनल्टी शूटआउट में पहुंचा, जहां जुआन फर्नांडो क्विंटरो ने कोलंबिया की पहली किक को गोल में बदला और फिर जाका ने स्विट्जरलैंड के लिए गोल किया। कोलंबिया की उम्मीदों को तब बड़ा झटका लगा जब डेविंसन सांचेज़ की पेनल्टी क्रॉसबार से टकरा गई। इसके बाद जेकी अमदौनी और कैम्पाज ने सफल स्पॉट-किक मारकर शूटआउट को बराबरी पर ला दिया। ऐसा लगा कि स्विट्जरलैंड मैच पर पकड़ बना लेगा, लेकिन अकांजी ने अपनी पेनल्टी बार के ऊपर मार दी, जिससे कोलंबिया को वापसी का मौका मिल गया। हालांकि, कोबेल ने दाईं ओर डाइव लगाकर हर्नांडेज़ का शॉट बचाकर निर्णायक पल बनाया। सेड्रिक इटेन ने स्विट्जरलैंड की अगली पेनल्टी को गोल में बदला और फिर लुइस डियाज़ ने शांत अंदाज़ में गोल करके कोलंबिया की उम्मीदें बनाए रखीं। शूटआउट में स्कोर 3-3 से बराबर होने पर वर्गास आगे आए और शांति से नीचे के कोने में शॉट मारकर स्विट्जरलैंड को अंतिम आठ में पहुंचा दिया। इस जीत के साथ स्विट्ज़रलैंड ने अपने वर्ल्ड कप इतिहास में 72 साल में पहली बार क्वार्टर फाइनल में प्रवेश किया। जहां उनका मुक़ाबला अर्जेंटीना से होगा।
लाल जोड़े में मोनालिसा ने ढाया कहर, बोल्ड ब्राइडल फोटोशूट ने बढ़ाया इंटरनेट का तापमान
भोजपुरी क्वीन और टेलीविजन स्टार मोनालिसा ने अपने इंस्टाग्राम पर एक बेहद हॉट और दिलकश ब्राइडल फोटोशूट शेयर किया है। सुर्ख लाल रंग के पारंपरिक लहंगे और डीप-नेक ब्लाउज में वह किसी अप्सरा से कम नहीं लग रही हैं। हेवी कुंदन ज्वेलरी, नथ और मांगटीके के साथ उनके कातिलाना फेशियल एक्सप्रेशन्स ने फैंस को दीवाना बना दिया है। इंटरनेट पर उनका यह बोल्ड ब्राइडल लुक तेजी से ट्रेंड कर रहा है। भोजपुरी से लेकर टीवी इंडस्ट्री तक अपनी पहचान बना चुकी मोनालिसा अक्सर अपनी बोल्ड अदाओं से इंटरनेट पर तहलका मचाती रहती हैं। मोनालिसा ने एक बार फिर सोशल मीडिया का तापमान बढ़ा दिया है। हाल ही में उन्होंने अपने ऑफिशियल इंस्टाग्राम अकाउंट पर पारंपरिक दुल्हन के अवतार में अपनी कुछ बेहद खूबसूरत तस्वीरें साझा की हैं। ALSO READ: डीप वी-नेक आउटफिट में रकुल प्रीत सिंह ने ढाया कहर, तस्वीरों ने जीता फैंस का दिल तस्वीरों में मोनालिसा का ग्लैमर और देसी अंदाज इस कदर निखर कर आ रहा है कि देखने वाले अपनी नजरें नहीं हटा पा रहे हैं। मोनालिसा ने इस फोटोशूट के लिए एक शाही लाल रंग का ब्राइडल लहंगा चुना है। मोनालिसा ने लहंगे के साथ मैचिंग डीप-नेकलाइन सिल्क ब्लाउज कैरी किया है, जिसपर गोल्डन जरी और फ्लोरल कढ़ाई का बारीक काम किया गया है। इसके साथ उन्होंने सिर पर लाल रंग का नेट दुपट्टा कैरी किया है, जिस पर सुनहरी बूटी और हैवी गोटा-पट्टी बॉर्डर है। तस्वीरों में मोनालिसा की अदाएं और उनके सेक्सी पोज फैंस के दिलों पर छुरियां चला रहे हैं। कुछ तस्वीरों में वह शर्माती हुई नीचे की ओर देख रही हैं, तो कुछ में वह कैमरे की तरफ देखकर अपनी कातिल मुस्कान बिखेर रही हैं। अपने लुक को कम्पलीट करने के लिए मोनालिसा ने परफेक्ट ग्लैम ब्राइडल मेकअप चुना है। स्मोकी आिज, विंग्ड आईलाइनर और मस्कारा के साथ उनकी आंखें बेहद नशीली लग रही हैं। डार्क रेड लिपस्टिक उनके पूरे चेहरे को ग्लोइंग बना रही है। ज्वेलरी की बात करें तो उन्होंने ट्रेडिशनल ब्राइडल लुक को पूरा करने के लिए हैवी कुंदन और गोल्ड ज्वेलरी कैरी की है। उनके माथे पर सजी खूबसूरत शीशपट्टी और मांगटीका, कानों में बड़े झुमके, गले में मैचिंग हेवी चोकर नेकलेस और लेयर्ड रानी हार उनके रॉयल लुक को निखर रहे हैं।
सावन में शनि-गुरु की बदली चाल, इन 3 राशियों पर बरसेगी भोलेनाथ की कृपा
हिंदू धर्म और वैदिक ज्योतिष में सावन (श्रावण) के महीने को सबसे पवित्र, ऊर्जावान और चमत्कारी समय माना गया है। वर्ष 2026 में सावन का यह पावन महीना 29 जुलाई से शुरू होकर 28 अगस्त तक रहेगा। यह पूरा महीना देवों के देव महादेव की आराधना को समर्पित होता है। लेकिन इस बार का सावन साधारण नहीं है; ज्योतिषीय दृष्टि से यह बेहद दुर्लभ और ऐतिहासिक होने जा रहा है। इस पूरी अवधि में सौरमंडल के दो सबसे बड़े और प्रभावशाली ग्रह- ज्ञान के दाता गुरु (बृहस्पति) और कर्मफल दाता शनि देव-अपनी चाल से ब्रह्मांड में बड़ा उलटफेर करने वाले हैं। ग्रहों का दुर्लभ संयोग और नक्षत्र परिवर्तन इस सावन में ग्रहों की स्थिति को गहराई से समझें तो: गुरु का नक्षत्र परिवर्तन: देवगुरु बृहस्पति पिछले 18 जून से शुभ 'पुष्य नक्षत्र' में गोचर कर रहे हैं और अब सावन के महीने के दौरान ही 19 अगस्त को वे 'अश्लेषा नक्षत्र' में प्रवेश कर जाएंगे। शनि की वक्री चाल: गुरु के इस बदलाव के साथ ही, सावन शुरू होने ठीक दो दिन पहले यानी 27 जुलाई 2026 को शनि देव वक्री (उल्टी चाल) होना शुरू करेंगे और पूरे सावन माह में वे इसी वक्री अवस्था में रहेंगे। ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, जब गुरु का नक्षत्र बदले और शनि देव वक्री अवस्था में हों, तो इसका मानव जीवन पर बहुत गहरा और तीव्र प्रभाव पड़ता है। इस सावन में इन दोनों बड़े ग्रहों की संयुक्त कृपा और भगवान शिव के आशीर्वाद से एक ऐसा संयोग बन रहा है, जो विशेष रूप से 3 राशियों का भाग्य पूरी तरह पलटने वाला है। इन राशियों के लिए यह महीना पैसों की बरसात और तरक्की के नए रास्ते खोलने जा रहा है। आइए विस्तार से जानते हैं कि वे भाग्यशाली राशियां कौन सी हैं: 1. मेष राशि (Aries): धन लाभ और करियर में ऊंची उड़ान मेष राशि के जातकों के लिए सावन के महीने में शनि और गुरु की यह बदली हुई चाल बेहद अनुकूल रहने वाली है। गुरु का नक्षत्र परिवर्तन आपके धन भाव और भाग्य को सीधे तौर पर प्रभावित करेगा, जिससे आपकी आमदनी में अचानक और अप्रत्याशित बढ़ोतरी देखने को मिलेगी। यदि आपका पैसा कहीं लंबे समय से फंसा हुआ था, तो इस महीने महादेव की कृपा से वह वापस मिल सकता है। नौकरीपेशा लोगों को कार्यस्थल पर कोई बड़ी जिम्मेदारी या मनचाहा प्रमोशन मिल सकता है। व्यापार से जुड़े लोगों के लिए यह समय कोई बड़ी डील फाइनल करने का है, जो भविष्य में भारी मुनाफा देगी। 2. सिंह राशि (Leo): महादेव की विशेष कृपा और मानसिक शांति सिंह राशि के जातकों के लिए यह सावन किसी वरदान से कम नहीं होगा। शनि देव का वक्री होना आपके सोए हुए भाग्य को जगाने का काम करेगा, जिससे आपके जो काम पिछले कई महीनों से बिना किसी वजह के अटक रहे थे, वे अब तेजी से बनने लगेंगे। यदि आप किसी पुरानी स्वास्थ्य समस्या या मानसिक तनाव से जूझ रहे थे, तो उससे आपको पूरी तरह मुक्ति मिलेगी। कार्यक्षेत्र और सामाजिक जीवन में आपकी नेतृत्व क्षमता की सराहना होगी और आपका मान-सम्मान बढ़ेगा। भगवान भोलेनाथ की विशेष अनुकंपा के कारण इस महीने आपके घर में सुख-समृद्धि और सकारात्मक ऊर्जा का वास होगा। 3. धनु राशि (Sagittarius): भाग्य का शत-प्रतिशत साथ और अचानक धन संचय धनु राशि के जातकों के लिए गुरु और शनि की यह चाल आर्थिक रूप से बेहद सुनहरे अवसर लेकर आ रही है। चूंकि गुरु आपकी ही राशि के स्वामी हैं, इसलिए उनके नक्षत्र बदलने से आपको भाग्य का पूरा साथ मिलेगा। आपको आय के नए स्रोत प्राप्त होंगे, जिससे आपका बैंक बैलेंस तेजी से बढ़ेगा। पैतृक संपत्ति, निवेश या किसी पुराने प्रोजेक्ट से अचानक धन लाभ होने के मजबूत योग बन रहे हैं। जो लोग नया मकान या वाहन खरीदने की योजना बना रहे थे, उनकी यह इच्छा इस सावन में पूरी हो सकती है। शिवजी की नियमित आराधना से आपके पारिवारिक और वैवाहिक जीवन के कष्ट दूर होंगे। सावन का विशेष उपाय: इन तीनों राशियों के जातकों को सावन के महीने में हर सोमवार को शिवलिंग पर पंचामृत या गन्ने का रस अर्पित करना चाहिए और पूरी श्रद्धा से ॐ नमः शिवाय का जाप करना चाहिए। इससे ग्रहों के नकारात्मक प्रभाव दूर होते हैं और शुभ फलों में कई गुना वृद्धि होती है।
दूसरे टी-20 में भारतीय बल्लेबाजी का सरेंडर, इंग्लैंड के खिलाफ मिली 125 रनों की शर्मनाक हार
ENGvsIND जॉश टंग (28 रन पर चार विकेट) और जोफ्रा आर्चर (29 रन पर तीन विकेट) ने घातक गेंदबाजी करते हुए भारतीय बल्लेबाजी को ध्वस्त कर दिया और इंग्लैंड ने तीसरा टी 20 मंगलवार को 125 रन से जीतकर पांच मैचों की सीरीज में 2-0 की बढ़त बना ली।फिल साल्ट (70) के शानदार अर्धशतक से इंग्लैंड ने सात विकेट पर 201 रन का चुनौतीपूर्ण स्कोर बनाया। भारत को 114 ओवर में मात्र 76 रन पर ढेर कर दिया। भारत को 202 का लक्ष्य मिला था और एक धीमी पिच पर भारत के लिए यह लक्ष्य आसान नहीं रहने वाला था और इसकी झलक पावरप्ले में ही मिल गई जहां भारत ने इस प्रारूप में पहली बार पांच विकेट गंवा दिए। भारत ने इस प्रारूप का अपना दूसरा न्यूनतम स्कोर भी बनाया और भारत की ओर से सर्वाधिक स्कोर 13 रन का रहा जो वैभव सूर्यवंशी और इशान किशन ने बनाया। इंग्लैंड की ओर से सर्वाधिक चार विकेट जॉश टंग ने लिए और आर्चर को तीन विकेट मिले। स्पिनर जैक्स को एक और आदिल राशिद को दो विकेट हासिल हुए। England tick all the boxes in a big win at Trent Bridge Scorecard https://t.co/4aDRVnYwd6 pic.twitter.com/m6xjyGw2id — ICC (@ICC) July 7, 2026 जोफ्रा आर्चर को प्लेयर ऑफ द मैच का पुरस्कार मिला।अभिषेक शर्मा 10, कप्तान श्रेयस अय्यर पांच, अक्षर पटेल 10 और तिलक वर्मा तीन रन बनाकर आउट हुए। भारत की तरफ से सिर्फ चार बल्लेबाज ही दहाई की संख्या में पहुंच सके। इससे पहले टॉस हारने के बाद पहले बल्लेबाजी करने उतरे इंग्लैंड को जोस बटलर (36) ने धमाकेदार शुरुआत दिलाई थी लेकिन प्रिंस यादव ने आते ही बटलर को अपना शिकार बनाया और कुछ आक्रामक शॉट्स खेलने के बाद हैरी ब्रूक (16) भी पवेलियन लौट गए। इसके बाद फ़िल सॉल्ट ने ज़िम्मेदारी संभाली और जैकब बेथेल (13) ने उनका साथ भी दिया। हालांकि हर्षित राणा ने वापसी करते हुए लगातार दो गेंदों पर बेथेल और टॉम बेंटन को अपना शिकार बनाया। इसके बाद सैम करन (नाबाद 41) ने आने के बाद आक्रमण शुरू किया। सॉल्ट 44 गेंदों में सात चौकों और तीन छक्कों की मदद से 70 रन बनाकर अक्षर पटेल का शिकार बने लेकिन करन ने प्रहार जारी रखा। हालांकि अंतिम दो ओवर में भारत ने मात्र 14 रन दिए। करन 24 गेंदों में चार चौकों की मदद से 41 रन बनाकर नाबाद रहे। भारत की तरफ से हर्षित राणा और प्रिंस यादव ने दो-दो विकेट लिए।
फ्रांस की धुर दक्षिणपंथी नेता की सजा घटी लेकिन चुनौतियां नहीं
फ्रांस की धुर दक्षिणपंथी नेता मरीन ले पेन की सजा घटा कर कोर्ट ने उनके चुनाव लड़ने के राह की बाधा मिटा दी है। हालांकि उनकी चुनौतियां खत्म नहीं हुई हैं।
01 अगस्त तक सिंह राशि में शुक्र, इन 5 राशियों पर रहेगी किस्मत की खास मेहरबानी
ज्योतिष शास्त्र में धन, ऐश्वर्य, सौंदर्य और भौतिक सुखों के कारक माने जाने वाले शुक्र देव का राशि परिवर्तन हमेशा से ही एक बेहद महत्वपूर्ण खगोलीय घटना रहा है। वर्ष 2026 में, 4 जुलाई को शुक्र देव ने अपनी चाल बदलते हुए सिंह राशि में प्रवेश कर लिया है, और वे इस राशि में आगामी 1 अगस्त तक विराजमान रहेंगे। सिंह राशि सूर्य की राशि है, जो साहस और नेतृत्व का प्रतीक है। ऐसे में शुक्र का इस राशि में आना कई मायनों में खास हो जाता है। शुक्र के इस गोचर से पूरे ब्रह्मांड और सभी राशियों पर गहरा असर पड़ेगा, लेकिन 5 विशेष राशियां ऐसी हैं जिनके लिए यह समय किसी वरदान से कम नहीं होने वाला है। इस अवधि में इन राशियों के जातकों को भाग्य का भरपूर सहयोग मिलेगा और जीवन में सुख-समृद्धि का विस्तार होगा। आइए विस्तार से जानते हैं कि वे भाग्यशाली राशियां कौन सी हैं और उन पर इसका क्या प्रभाव पड़ेगा: 1. मेष राशि (Aries): प्रेम और रचनात्मकता में सुनहरी सफलता मेष राशि के जातकों के लिए शुक्र का यह गोचर उनके पंचम भाव को प्रभावित करेगा, जो मुख्य रूप से प्रेम, संतान और रचनात्मकता का स्थान माना जाता है। इस अवधि में आपके प्रेम जीवन में रोमांस की एक नई बहार आएगी। यदि आप लंबे समय से सिंगल हैं और किसी पार्टनर की तलाश में हैं, तो इस दौरान आपके जीवन में किसी बेहद खास व्यक्ति का आगमन हो सकता है। शादीशुदा लोगों को अपनी संतान की ओर से कोई बड़ी और सुखद खुशखबरी मिल सकती है। इसके अलावा, जो लोग कला, अभिनय, मीडिया, लेखन या किसी भी तरह के क्रिएटिव फील्ड से जुड़े हैं, उनके काम को समाज में बड़ी सराहना मिलेगी, जिससे उनकी प्रसिद्धि और लोकप्रियता में भारी इजाफा होगा। 2. सिंह राशि (Leo): व्यक्तित्व में निखार और समाज में मान-सम्मान चूंकि शुक्र देव का गोचर आपकी ही राशि यानी आपके लग्न भाव में हो रहा है, इसलिए इसका सबसे सीधा और गहरा सकारात्मक प्रभाव आपके खुद के व्यक्तित्व पर दिखाई देगा। इस दौरान आपके आकर्षण में एक जादुई वृद्धि होगी, जिससे लोग आपकी तरफ खिंचे चले आएंगे। कार्यस्थल से लेकर सामाजिक जीवन तक, हर जगह आपके काम की तारीफ होगी और आपका मान-सम्मान तेजी से बढ़ेगा। आर्थिक रूप से यह समय सुख-सुविधाओं और विलासिता (Luxury) की चीजों पर खर्च करने का है; आप अपने रहन-सहन को बेहतर बनाने के लिए धन खर्च करेंगे। यदि आप पार्टनरशिप में कोई नया बिजनेस शुरू करने की सोच रहे हैं, तो यह अवधि आपको उम्मीद से कहीं ज्यादा मुनाफा दे सकती है। 3. तुला राशि (Libra): आर्थिक लाभ और इच्छाओं की पूर्ति तुला राशि के जातकों के लिए शुक्र का सिंह राशि में जाना उनके एकादश भाव यानी लाभ स्थान को सक्रिय करेगा। ज्योतिष में इस स्थिति को बेहद शुभ माना जाता है, क्योंकि यह समय आपकी अधूरी इच्छाओं को पूरा करने का होता है। यदि आपका पैसा कहीं लंबे समय से फंसा हुआ था या कोई बिजनेस डील अटकी हुई थी, तो वह इस दौरान वापस मिल जाएगी। आपकी आमदनी के एक से अधिक नए स्रोत खुलेंगे, जिससे आपकी आर्थिक स्थिति बेहद मजबूत हो जाएगी। करियर और कार्यक्षेत्र में आपको अपने बड़े भाई-बहनों और करीबी दोस्तों का पूरा सहयोग मिलेगा, जिसके दम पर आप अपने करियर को एक नई और ऊंची उड़ान देने में सफल रहेंगे। 4. धनु राशि (Sagittarius): भाग्य का उदय और लंबी यात्राएं धनु राशि वाले जातकों के लिए शुक्र का यह गोचर उनके नवम भाव यानी भाग्य स्थान में होने जा रहा है। इसका सीधा मतलब यह है कि इस पूरी अवधि में किस्मत आपके साथ साए की तरह चलेगी। आपके जो काम पिछले कई महीनों से बिना किसी वजह के अटक रहे थे या बिगड़ रहे थे, वे अब धीरे-धीरे अपने आप बनने लगेंगे। इस दौरान आपका झुकाव आध्यात्मिक और धार्मिक गतिविधियों की तरफ ज्यादा रहेगा और आप किसी तीर्थ यात्रा पर भी जा सकते हैं। जो छात्र उच्च शिक्षा पाना चाहते हैं या जो लोग नौकरी के सिलसिले में देश से बाहर जाने का सपना देख रहे हैं, उनके लिए विदेश यात्रा के बेहतरीन और बेहद सफल योग बन रहे हैं। 5. कुंभ राशि (Aquarius): दांपत्य सुख और व्यापार में तरक्की कुंभ राशि के जातकों के लिए शुक्र का यह गोचर उनके सप्तम भाव में होने जा रहा है, जो मुख्य रूप से विवाह, जीवनसाथी और साझेदारी का भाव होता है। यदि आपके और आपके जीवनसाथी के बीच पिछले कुछ समय से किसी बात को लेकर अनबन या मतभेद चल रहे थे, तो वे इस दौरान पूरी तरह समाप्त हो जाएंगे और आपके रिश्तों में एक नई मधुरता तथा आपसी समझ पैदा होगी। व्यापारिक दृष्टिकोण से भी यह समय नए अवसरों से भरा रहेगा। बिजनेस में आपको कुछ ऐसे नए और बड़े प्रस्ताव मिल सकते हैं, जो न सिर्फ आपके काम का विस्तार करेंगे बल्कि भविष्य में आपको बहुत बड़ा आर्थिक लाभ भी कमा कर देंगे।
राजकुमार राव अभिनीत 'दादा - द सौरव गांगुली स्टोरी' का फर्स्ट लुक पोस्टर सौरव गांगुली के जन्मदिन के अवसर पर जारी किया गया है, जिसने दुनिया भर में मौजूद करोड़ों प्रशंसकों के लिए इस दिन को और भी खास बना दिया है। फर्स्ट लुक के साथ ही, निर्माताओं ने यह भी घोषणा की कि यह फिल्म 14 मई 2027 को एक विस्तारित हॉलिडे वीकेंड के दौरान सिनेमाघरों में रिलीज़ होगी। फिल्म के फर्स्ट लुक पोस्टर में राजकुमार राव को सौरव गांगुली के उस ऐतिहासिक पल को दोबारा जीते हुए दिखाया गया है, जब उन्होंने साल 2002 में इंग्लैंड के खिलाफ नेटवेस्ट ट्रॉफी जीतने के बाद लॉर्ड्स की बालकनी में अपनी जर्सी लहराई थी। यह पल भारतीय क्रिकेट के सबसे यादगार लम्हों में से एक माना जाता है। A post shared by RajKummar Rao (@rajkummar_rao) गांगुली की कप्तानी में भारतीय क्रिकेट के नए और बेखौफ दौर की शुरुआत का यह प्रतीक बन गया था और आज भी आत्मविश्वास, जुनून और जज्बे की मिसाल माना जाता है। बॉलीवुड की अन्य लेटेस्ट खबर पढ़ने के लिए क्लिक करें 'दादा - द सौरव गांगुली स्टोरी' उस शख्स की प्रेरणादायक कहानी है, जिसने सिर्फ क्रिकेट खेला ही नहीं, बल्कि भारतीय क्रिकेट की तस्वीर भी बदल दी। फिल्म में एक प्रतिभाशाली युवा क्रिकेटर से लेकर भारत के सबसे प्रभावशाली कप्तानों में शामिल होने तक का उनका सफर दिखाया जाएगा। यह कहानी उनके जज्बे, संघर्ष और मजबूत इरादों को सामने लाएगी, जिसने भारतीय क्रिकेट को नई पहचान दी और पूरी एक पीढ़ी को प्रेरित किया। 'दादा - द सौरव गांगुली स्टोरी' का निर्देशन विक्रमादित्य मोटवानी ने किया है। फिल्म का निर्माण लव रंजन और अंकुर गर्ग ने किया है। इसे गुलशन कुमार, भूषण कुमार, टी-सीरीज और डीबीएल प्रस्तुत कर रहे हैं। यह लव फिल्म्स के बैनर तले बनी है और 14 मई 2027 को दुनियाभर के सिनेमाघरों में रिलीज होगी।
अगर आपसे पूछा जाए कि किसी भी आधुनिक गांव या शहर के विकास के लिए सबसे बुनियादी और जरूरी चीज क्या होती है, तो शायद आपका सीधा जवाब होगा— 'सड़कें'। सड़कें ही इंसानों को एक-दूसरे से जोड़ती हैं और परिवहन का सबसे बड़ा जरिया होती हैं। लेकिन क्या आप कल्पना कर सकते हैं कि इस हाई-टेक दुनिया में एक ऐसा गांव भी आबाद है, जहां एक भी सड़क मौजूद नहीं है?ईरान के उत्तर में स्थित मसुलेह (Masuleh) एक ऐसा ही जादुई और अनोखा गांव है, जहां न कार चलती है, न बाइक और न ही कभी ट्रैफिक का शोर सुनाई देता है। इसके बावजूद यहाँ की जिंदगी सदियों से बेहद व्यवस्थित और सामान्य रूप से चल रही है। अपनी अद्भुत वास्तुकला (Architecture) और मंत्रमुग्ध कर देने वाली प्राकृतिक खूबसूरती के कारण यह गांव दुनिया भर के घुमक्कड़ों के लिए किसी जन्नत से कम नहीं है।अनूठी वास्तुकला: जहां एक घर की छत दूसरे घर का है रास्तामसुलेह गांव की सबसे बड़ी और हैरान कर देने वाली खासियत इसकी बनावट है। यह पूरी बस्ती एक ऊंचे पहाड़ की तीव्र ढलान पर बसी हुई है। यहाँ के घरों को एक-दूसरे के ऊपर 'सीढ़ीदार' (Stepped Architecture) शैली में इस तरह से बनाया गया है कि नीचे बने घर की समतल छत, ठीक उसके ऊपर बने घर के लिए मुख्य रास्ता, आंगन और पैदल चलने वाली गली का काम करती है। इसका सीधा मतलब यह है कि यहाँ चलने के लिए अलग से किसी कंक्रीट की सड़क की जरूरत ही नहीं पड़ती। लोग एक घर की छत से दूसरे घर की छत पर कदम बढ़ाते हुए पूरे गांव में आसानी से सफर कर लेते हैं। इसी अनोखी विशेषता के कारण इसे दुनिया भर में 'रूफ विलेज' (छतों वाला गांव) के नाम से जाना जाता है।नो-व्हीकल जोन: गाड़ियों के शोर और प्रदूषण से कोसों दूरसड़कें न होने के कारण मसुलेह में किसी भी प्रकार के मोटर वाहन (कार, ऑटो या मोटरसाइकिल) का प्रवेश पूरी तरह से असंभव है। यह पूरा गांव सिर्फ और सिर्फ पैदल यात्रियों के अनुकूल (Pedestrian-Friendly) बनाया गया है। स्थानीय लोग भारी सामान ले जाने के लिए पारंपरिक रूप से हाथगाड़ी या खच्चरों का सहारा लेते हैं। यही कारण है कि यहाँ का वातावरण पूरी तरह से प्रदूषण मुक्त है। जो लोग महानगरों की भागदौड़, धुएं और हॉर्न की आवाज से तंग आकर कुछ दिन पूर्ण मानसिक शांति में बिताना चाहते हैं, उनके लिए यह जगह किसी खूबसूरत सपने जैसी लगती है।छतों पर सजता है बाजार और चाय के पारंपरिक कैफेमसुलेह की ये मिट्टी और लकड़ी से बनी छतें सिर्फ आने-जाने का मार्ग नहीं हैं, बल्कि ये यहाँ की सामाजिक और आर्थिक जिंदगी का केंद्र हैं। इन छतों पर ही स्थानीय बाजार सजते हैं, जहाँ छोटी-छोटी दुकानें चलती हैं। यहाँ के निवासी अपने हाथों से तैयार किए गए ऊनी कपड़े, पारंपरिक हस्तशिल्प और कलाकृतियां पर्यटकों को बेचते हैं। कई खूबसूरत कैफे और छोटे रेस्टोरेंट भी इन्हीं छतों पर बने हुए हैं, जहाँ बैठकर पर्यटक पारंपरिक ईरानी चाय (Iranian Tea) की चुस्कियां लेते हैं और सामने फैले पहाड़ों व हरी-भरी वादियों के विहंगम दृश्यों का आनंद उठाते हैं।जब बादलों और घने कोहरे की चादर में छिप जाता है गांवप्रकृति ने इस गांव पर अपना भरपूर प्यार लुटाया है। मसुलेह के चारों तरफ घने अलबोर्ज (Alborz) पर्वत और हरे-भरे जंगल फैले हुए हैं। समुद्र तल से ऊंचाई पर होने के कारण यहाँ का मौसम हमेशा सुहाना रहता है। सुबह और शाम के समय अक्सर पूरा गांव घने कोहरे और बादलों की सफेद चादर से ढक जाता है। उस समय ऐसा प्रतीत होता है मानो लोग जमीन पर नहीं बल्कि बादलों के ऊपर तैर रहे हों। शाम के वक्त जब डूबते सूरज की किरणें इन मिट्टी के बने घरों पर पड़ती हैं, तो पूरी बस्ती सुनहरे रंग में चमक उठती है, जो फोटोग्राफर्स के लिए एक आदर्श नजारा होता है।मिट्टी और पत्थरों से बनी सदियों पुरानी राष्ट्रीय धरोहरइतिहासकारों के अनुसार, मसुलेह का इतिहास कई सौ साल पुराना है और यहाँ की पीढ़ियां इसी तरह प्रकृति के साथ तालमेल बिठाकर रहती आई हैं। यहाँ के घर मुख्य रूप से स्थानीय पत्थरों, लकड़ी और पीले रंग की विशेष मिट्टी (Mud-brick) से बनाए जाते हैं। यह पीली मिट्टी कोहरे और बारिश के दिनों में रोशनी को बेहतर तरीके से रिफ्लेक्ट करती है। गांव के इस ऐतिहासिक महत्व और अनूठी संस्कृति को देखते हुए ईरान सरकार ने इसे 'राष्ट्रीय धरोहर' (National Heritage Site) का दर्जा दिया है। सरकार यहाँ आने वाले पर्यटकों के लिए आधुनिक सुविधाएं तो बढ़ा रही है, लेकिन गांव के मूल प्राचीन स्वरूप और पारंपरिक माहौल के साथ कोई छेड़छाड़ नहीं की जाती।आधुनिकता और कंक्रीट के जंगलों से जूझ रही आज की दुनिया के लिए मसुलेह गांव एक बेहतरीन मिसाल है। यह साबित करता है कि बिना चौड़ी सड़कों, कारों और आधुनिक तकनीक के दबाव के भी इंसान प्रकृति के साथ हाथ मिलाकर एक बेहद सुकूनभरी, सुंदर और व्यवस्थित जिंदगी जी सकता है।
बेंगलुरु डेकेयर कांड कामकाजी पेरेंट्स के लिए कितना बड़ा झटका
कर्नाटक की राजधानी बेंगलुरु में एक आईटी कंपनी के क्रेच में बच्चों के साथ दुर्व्यवहार की घटना ने देश में खासकर कामकाजी दंपतियों की चिंता तो बढ़ाई ही है, थर्ड पार्टी सेवाओं के बढ़ते प्रचलन पर भी सवाल खड़ा कर दिया है।
Aaj Ka Rashifal: आज का दैनिक राशिफल: मेष से मीन तक 12 राशियों का राशिफल (08 जुलाई, 2026)
मेष राशि (Aries) Today 08 July horoscope in Hindi 2026 : करियर: आज आपको कार्यक्षेत्र में अपनी वाणी और व्यवहार पर नियंत्रण रखना होगा। व्यापार में कोई भी नई डील करते समय कागजी कार्रवाई पूरी रखें। लव: जीवनसाथी के साथ किसी बात को लेकर गलतफहमी हो सकती है, खुलकर बात करने से मामला सुलझेगा। धन: पैसों की स्थिति सामान्य रहेगी, लेकिन उधार लेन-देन से आज पूरी तरह बचें। स्वास्थ्य: मानसिक तनाव के कारण माइग्रेन या सिरदर्द की समस्या हो सकती है। उपाय: भगवान गणेश को दूर्वा (हरी घास) अर्पित करें और 'ॐ गं गणपतये नमः' का जाप करें। ALSO READ: Gupt Navratri 2026: आषाढ़ माह की गुप्त नवरात्रि की 5 खास बातें और महत्व वृषभ राशि (Taurus) करियर: नौकरीपेशा लोगों के लिए आज का दिन शानदार रहेगा। आपकी कार्यकुशलता को देखकर सीनियर्स आपसे प्रभावित होंगे और नई जिम्मेदारी दे सकते हैं। लव: प्रेम जीवन में रोमांस और आपसी समझ बढ़ेगी। पार्टनर के साथ कहीं बाहर जाने का प्लान बन सकता है। धन: आर्थिक लाभ के अच्छे अवसर मिलेंगे। अटका हुआ पैसा वापस आने से बैंक बैलेंस बढ़ेगा। स्वास्थ्य: स्वास्थ्य उत्तम रहेगा। आज आप खुद को मानसिक और शारीरिक रूप से ऊर्जावान महसूस करेंगे। उपाय: गणेश जी को मोदक या लड्डू का भोग लगाएं। मिथुन राशि (Gemini) करियर: आज का दिन व्यापार में बड़ा मुनाफा लेकर आएगा। बैंकिंग, मीडिया या मार्केटिंग से जुड़े लोगों को बड़ी सफलता मिल सकती है। लव: सिंगल जातकों के जीवन में किसी दिलचस्प व्यक्ति की एंट्री हो सकती है। दांपत्य जीवन सुखमय रहेगा। धन: धन लाभ के नए स्रोत खुलेंगे। निवेश के लिए आज का दिन बहुत अनुकूल है। स्वास्थ्य: सेहत अच्छी रहेगी। पुरानी किसी शारीरिक समस्या से आज बड़ी राहत मिलेगी। उपाय: बुधवार के दिन गाय को हरी घास या पालक खिलाएं। कर्क राशि (Cancer) करियर: ऑफिस में काम का दबाव थोड़ा अधिक रह सकता है, जिससे स्वभाव में थोड़ा चिड़चिड़ापन आ सकता है। धैर्य से काम लें, सहकर्मियों का सहयोग मिलेगा। लव: परिवार के सदस्यों और जीवनसाथी के साथ अच्छा समय बिताने का मौका मिलेगा, जिससे मन शांत होगा। धन: सुख-सुविधाओं और घरेलू जरूरतों पर खर्च बढ़ेगा। बजट बनाकर चलना सही रहेगा। स्वास्थ्य: ठंडी चीजों के सेवन से बचें, गले में खराश या मौसमी सर्दी-जुकाम की समस्या हो सकती है। उपाय: भगवान गणेश के मंदिर में जाकर कपूर जलाएं और उनकी आरती करें। सिंह राशि (Leo) करियर: आपकी नेतृत्व क्षमता की सराहना होगी। अटके हुए सरकारी काम आज किसी प्रभावशाली व्यक्ति की मदद से पूरे हो सकते हैं। लव: लव लाइफ में चल रहे पुराने विवाद आज बातचीत से सुलझ जाएंगे। पार्टनर का व्यवहार आपके प्रति बहुत सहयोगात्मक रहेगा। धन: आर्थिक स्थिति मजबूत होगी। प्रॉपर्टी या वाहन में निवेश करने की सोच रहे हैं तो आज कदम आगे बढ़ा सकते हैं। स्वास्थ्य: सेहत के लिहाज से दिन अच्छा है, लेकिन ज्यादा तैलीय (ऑयली) खाने से परहेज करें। उपाय: गणेश चालीसा का पाठ करें और किसी गरीब को मूंग की दाल दान करें। कन्या राशि (Virgo) करियर: व्यापारियों को आज कोई नया और बड़ा ऑर्डर मिल सकता है जिससे मन प्रसन्न रहेगा। नौकरीपेशा लोगों को यात्रा करनी पड़ सकती है। लव: जीवनसाथी का पूरा सहयोग मिलेगा, जिससे आपका कोई मुश्किल काम आज आसानी से हल हो जाएगा। धन: पैसों की आवक अच्छी रहेगी। पुराने किसी निवेश से आज बढ़िया रिटर्न मिल सकता है। स्वास्थ्य: आंखों में जलन या थकान महसूस हो सकती है। स्क्रीन टाइम कम करें और आंखों को आराम दें। उपाय: बुधवार के दिन छोटी कन्याओं को हरी चूड़ियां या कोई मीठी चीज भेंट करें। तुला राशि (Libra) करियर: आज का दिन कला, संगीत, लेखन और रचनात्मक क्षेत्र से जुड़े लोगों के लिए भाग्यशाली रहेगा। कार्यस्थल पर आपके नए विचारों का स्वागत होगा। लव: नए रिश्ते की शुरुआत के लिए दिन अनुकूल है। शादीशुदा लोगों को जीवनसाथी से कोई खूबसूरत सरप्राइज मिल सकता है। धन: आर्थिक स्थिति सामान्य रहेगी। सुख-साधनों की वस्तुओं पर थोड़ा खर्च होने की संभावना है। स्वास्थ्य: घुटनों या जोड़ों का दर्द आज थोड़ा परेशान कर सकता है। भारी वजन उठाने से बचें। उपाय: भगवान गणेश को सिंदूर चढ़ाएं और उनके माथे का तिलक अपने मस्तक पर लगाएं। वृश्चिक राशि (Scorpio) करियर: कार्यक्षेत्र में गुप्त शत्रुओं या विरोधियों से सावधान रहने की जरूरत है। अपना काम स्वयं करें और दूसरों के बहकावे में न आएं। लव: पार्टनर की किसी बात से मन थोड़ा आहत हो सकता है। गुस्से में कोई प्रतिक्रिया देने के बजाय शांति से बात संभालें। धन: धन से जुड़े बड़े फैसले आज टाल दें। कहीं भी बड़ा निवेश करने के लिए दिन अनुकूल नहीं है। स्वास्थ्य: अत्यधिक काम के कारण शारीरिक और मानसिक थकान महसूस हो सकती है। शरीर को पूरा आराम दें। उपाय: संकट नाशन गणेश स्तोत्र का पाठ करें। ALSO READ: योगिनी एकादशी व्रत रखने का महत्व और कथा धनु राशि (Sagittarius) करियर: विद्यार्थियों और युवाओं के लिए आज का दिन करियर की नई दिशा तय करने वाला रहेगा। प्रतियोगिता परीक्षा की तैयारी कर रहे लोगों को कोई अच्छी खबर मिल सकती है। लव: पारिवारिक जीवन में खुशहाली रहेगी। जीवनसाथी के साथ किसी धार्मिक स्थल या पारिवारिक आयोजन में जाने का मन बन सकता है। धन: आर्थिक मामलों में भाग्य का पूरा साथ मिलेगा। आय में वृद्धि होगी और पुराना कर्ज चुकाने में सफल रहेंगे। स्वास्थ्य: स्वास्थ्य सामान्य रूप से अच्छा रहेगा। वॉक या योग को दिनचर्या में शामिल करें। उपाय: भगवान गणेश को शमी के पत्ते अर्पित करें। मकर राशि (Capricorn) करियर: पैतृक व्यवसाय से जुड़े लोगों को आज बड़ा मुनाफा हो सकता है। नौकरी में ट्रांसफर या प्रमोशन के योग बन रहे हैं। लव: लव पार्टनर के साथ किसी पुरानी बात को लेकर चल रहा विवाद सुलझ जाएगा। रिश्ते में मजबूती आएगी। धन: अचानक धन लाभ होने के योग हैं। फंसा हुआ पैसा वापस मिलने से आर्थिक परेशानियां दूर होंगी। स्वास्थ्य: वाहन चलाते समय बेहद सावधान रहें, जल्दबाजी में चोट लगने की आशंका है। उपाय: किसी जरूरतमंद व्यक्ति को हरे रंग के वस्त्र या मूंग की दाल दान करें। कुंभ राशि (Aquarius) करियर: पार्टनरशिप में बिजनेस करने वालों के लिए आज का दिन बहुत ही लाभदायक रहेगा। नई योजनाओं पर काम शुरू करने का सही समय है। लव: दांपत्य जीवन में रोमांस और आपसी समझ बढ़ेगी। शाम को पार्टनर के साथ बेहतरीन समय बिताने का मौका मिलेगा। धन: आर्थिक पक्ष मजबूत रहेगा। लंबे समय से रुका हुआ कोई बड़ा पेमेंट आज क्लियर हो सकता है। स्वास्थ्य: स्वास्थ्य अच्छा रहेगा। पुरानी किसी शारीरिक समस्या से काफी हद तक राहत मिलेगी। उपाय: 'ॐ ब्रां ब्रीं ब्रौं सः बुधाय नमः' मंत्र का 108 बार जाप करें। मीन राशि (Pisces) करियर: नौकरी बदलने का प्रयास कर रहे लोगों को इंटरव्यू आदि में सकारात्मक परिणाम मिलेंगे। लव: परिवार में किसी मांगलिक कार्य की रूपरेखा बन सकती है। पार्टनर का व्यवहार आपके प्रति बहुत प्रेमपूर्ण रहेगा। धन: धन लाभ के योग हैं, लेकिन हाथ में पैसा आते ही खर्चों की लिस्ट भी तैयार हो जाएगी। बजट का ध्यान रखें। स्वास्थ्य: स्वास्थ्य अच्छा रहेगा। त्वचा या एलर्जी से जुड़ी कोई पुरानी समस्या आज दूर हो सकती है। उपाय: भगवान गणेश को बेसन के लड्डू का भोग लगाएं और अथर्वशीर्ष का पाठ करें। ALSO READ: सिंह राशि में केतु-शुक्र का दुर्लभ योग, 4 राशियों के शुरू होंगे अच्छे दिन
मोदी कैबिनेट में फेरबदल की तैयारी लगभग पूरी है। 20 जुलाई से मानसून सत्र शुरू हो रहा। सूत्रों के मुताबिक, इससे पहले कभी भी फेरबदल की सूचना आ सकती है। इसमें सबसे अहम नाम राजनाथ सिंह का है। सोर्स बताते हैं कि उनकी विदाई लगभग तय है और इसके लिए वो तैयार भी हैं। सोर्स के मुताबिक, निर्मला सीतारमण, हरदीप सिंह पुरी, पंकज चौधरी और हर्ष मल्होत्रा से भी मंत्री पद लिया जा सकता है। मंत्रालय में मौजूद हमारे सूत्रों ने बदलाव का आधार और इसकी वजहें भी बताईं। पढ़िए रिपोर्ट में… कैबिनेट में फेरबदल के दो आधार सोर्स के मुताबिक, इस बदलाव का आधार दो फैसले हैं- पहला: कैबिनेट अब ज्यादा युवा होगी। औसत उम्र BJP अध्यक्ष की उम्र के आसपास यानी 46 साल होगी। 2-4 साल कम-ज्यादा हो सकती है, लेकिन 65 साल से ज्यादा उम्र के लोगों को बाहर जाना ही पड़ेगा। अपवाद ही बचेंगे। हालांकि, ये नियम PM पद के लिए लागू नहीं होगा। पिछले दो फेरबदल में कैबिनेट के जो चेहरे नहीं बदले, वो इस बार जरूर बदलेंगे।‘ दूसरा: जिन पार्टियों से टूटकर लोग BJP में आए, उन्हें भी कैबिनेट में जगह देनी है। इसमें पंजाब से टूटकर आने वाले आम आदमी पार्टी के राज्यसभा सांसद शामिल हैं। इनके अलावा शिवसेना (उद्धव गुट) से टूटकर आए सांसद और पश्चिम बंगाल की तृणमूल कांग्रेस के सांसद भी NDA के सपोर्ट में है। उन्हें भी कैबिनेट में शामिल करने की तैयारी है। कैबिनेट के 6 बड़े नाम, जिन्हें बदला जाएगा और उन्हें बदलने की वजह… 1. राजनाथ सिंह, केंद्रीय रक्षा मंत्री इस बार क्या राजनाथ सिंह कैबिनेट छोड़ेंगे या छोड़ना पड़ेगा? सोर्स बताते हैं, ‘कैबिनेट में किसी व्यक्ति का आना-जाना, कभी कोई मंत्री या पदाधिकारी तय नहीं करता। इसका फैसला होने के बाद संबंधित व्यक्ति को चिट्ठी दे दी जाती है। इस बार राजनाथ सिंह को चिट्ठी मिलने की खबर है। वो खुद भी बदलाव के लिए तैयार हैं।‘ फिर क्या उनकी विदाई तय है? सोर्स बताते हैं, ‘अभी तो यही दिख रहा है। आखिरी वक्त में क्या होगा, ये तभी पता चलेगा।‘ क्या वो सुरक्षा संबंधी कैबिनेट समिति (CCS) से भी हटेंगे? सोर्स कहते हैं, ‘हां, इस कमेटी का मेंबर होने के लिए डिफेंस मिनिस्टर होना जरूरी है। राजनाथ सिंह 2014 से लगातार इस सबसे अहम कमेटी के मेंबर हैं।‘ उनकी विदाई की वजह क्या हो सकती है? सोर्स साफ करते हुए कहते हैं, इसके पीछे कोई नाराजगी नहीं, बल्कि दोनों बेटों का सक्रिय राजनीति में होना है। राजनाथ के छोटे बेटे नीरज इस बार यूपी BJP में उपाध्यक्ष बनाए गए हैं। हालांकि, वे यूपी में पिछले करीब 5 साल से बिना किसी पद के सक्रिय हैं। उनकी सक्रियता से पार्टी के कई पदाधिकारी असहज भी थे। इसे लेकर कई बार सवाल भी उठा? ‘बड़े बेटे पंकज सिंह 2002 से सक्रिय राजनीति में हैं। वे 2012 में यूपी BJP में महासचिव बने, जिसके विरोध में 3 प्रदेश सचिवों ने इस्तीफा भी दिया था। अभी वे नोएडा से विधायक भी हैं। राजनाथ अगर ना हटे, तो परिवारवाद का सबसे अच्छा उदाहरण पार्टी के अंदर और बाहर दोनों जगह होगा।’ ‘विदाई की दूसरी वजह उनकी उम्र है। वो 75 साल के हो गए हैं।’ हमने पूछा कि क्या उन्हें कोई दूसरा पद दिया जाएगा? इस पर सोर्स कहते हैं, ‘अभी तय नहीं। मेरी जानकारी में न ही अब तक इसकी कोई चर्चा है। राजनाथ सिंह से एक पद लेकर उन्हें दूसरा पद देने की न कोई मजबूरी दिख रही है और न ही ऐसी कोई परंपरा है।‘ 2. हरदीप सिंह पुरी, पेट्रोलियम और नेचुरल गैस मंत्री हरदीप सिंह पुरी को क्या कोई नया पद मिलेगा? इस पर सोर्स कहते हैं, ‘अभी कोई चर्चा नहीं हुई। विदाई लगभग तय है।‘ वजह क्या है? वे कहते हैं, ‘ज्यादा उम्र, साथ ही नए लोगों को लाने के लिए खाली पद चाहिए। एपस्टीन फाइल के खुलासे के वक्त भी इनके नाम की चर्चा हुई, लेकिन ठोस सबूत नहीं मिले।‘ क्या एपस्टीन फाइल भी एक वजह है? जवाब मिला, ‘नहीं, आरोपों के आधार पर पिछले पांच फेरबदल में कोई बाहर कहां गया। उनके बाहर जाने की सबसे बड़ी वजह उम्र ही होगी। अभी वे 74 साल के हैं। मोदी 3.0 कैबिनेट में युवा लोगों की जरूरत है।‘ 3. निर्मला सीतारमण, केंद्रीय वित्त मंत्री सोर्स के मुताबिक, निर्मला सीतारमण का बाहर जाना भी लगभग तय है। इन्हें साउथ के इंचार्ज के रूप में देखा जा रहा है। 2029 से पहले इकोनॉमी में कुछ नए फैसले होंगे, जो नए चेहरे के साथ ज्यादा नयापन देंगे। सीतारमण से कोई नाराजगी नहीं है। वो मोदी और शाह की कोर टीम में हैं। उनकी जगह शक्तिकांत दास आ सकते हैं, क्योंकि PM मोदी उन्हें बहुत पसंद करते हैं। अभी वे PM के प्रधान सचिव भी हैं। एक और नाम है, जो वित्तमंत्री के तौर पर PM की लिस्ट में है, वो पीयूष गोयल का है। अभी वे कॉमर्स एंड इंडस्ट्री मिनिस्टर हैं। 4. धर्मेंद्र प्रधान, केंद्रीय शिक्षा मंत्री NEET पेपर लीक के बाद से चर्चा है कि धर्मेंद्र प्रधान से शिक्षा मंत्रालय ले लिया जाएगा? इस पर सोर्स कहते हैं, ‘इसकी उम्मीद कम है। उन्हें तभी हटाया जाएगा, जब ओडिशा में उन्हें CM पद दिया जाए। ओडिशा में CM मोहन मांझी का कार्यकाल लगातार विवादों में है, इसलिए वहां भी फेरबदल के आसार हैं। अभी धर्मेंद्र प्रधान से शिक्षा मंत्रालय लेकर उन्हें कोई और मंत्रालय दिया जा सकता है। उन्हें बाहर का रास्ता दिखाए जाने की उम्मीद कम है।‘ 5. पंकज चौधरी, केंद्रीय राज्य मंत्री पंकज चौधरी केंद्रीय वित्त राज्य मंत्री और यूपी BJP के प्रदेश अध्यक्ष हैं। BJP में दो पद की नीति नहीं है। नए लोगों को पद देने के लिए जगह भी चाहिए। ऐसे में पंकज प्रदेश अध्यक्ष बने रहेंगे, लेकिन मंत्री पद छोड़ना होगा। 6. हर्ष मल्होत्रा, केंद्रीय राज्य मंत्री दिल्ली में यही हर्ष मल्होत्रा के साथ होगा। वे अभी दिल्ली BJP के अध्यक्ष हैं। साथ ही केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय और कॉर्पोरेट कार्य मंत्रालय में राज्य मंत्री भी हैं। इनका भी मंत्री पद जाना तय है। दिल्ली की CM रेखा गुप्ता के काम और उनकी छवि पर केंद्र की सख्त नजर है। हर्ष मल्होत्रा अब दिल्ली सरकार के काम में इन्वॉल्व होंगे। उन्हें CM की छवि सुधारने और प्रचार का जिम्मा दिया गया है। नीचे ग्राफिक्स में पढ़िए कैबिनेट में किसकी एंट्री की सुगबुगाहट… ………………. ये खबर भी पढ़ें… मोदी कैबिनेट में 9 नए चेहरों के शामिल होने की सुगबुगाहट वित्तमंत्री निर्मला सीतारमण का मंत्रालय बदले जाने और RBI के पूर्व गवर्नर शक्तिकांत दास को नया वित्तमंत्री बनाए जाने की सुगबुगाहट है। सूत्रों के मुताबिक, मोदी मंत्रिमंडल में ये बड़ा फेरबदल अगले कुछ हफ्ते में हो सकता है। पढ़िए पूरी खबर…
बिहार में नाबालिग से रेप के दोषी पुजारी को उम्र कैद की सजा
पटना। बिहार की राजधानी पटना की एक विशेष अदालत ने एक नाबालिग बालिका से दुष्कर्म के जुर्म में मंगलवार को एक मंदिर के पुजारी को सश्रम आजीवन कारावास की सजा के साथ 50 हजार रुपए का जुर्माना भी किया। दुष्कर्म और बालकों का लैंगिक अपराध से संरक्षण अधिनियम( पॉक्सो ऐक्ट )के मामलों की सुनवाई के […] The post बिहार में नाबालिग से रेप के दोषी पुजारी को उम्र कैद की सजा appeared first on Sabguru News .
हनुमानगढ़ : कार की टक्कर से मोटरसाइकिल सवार 3 लोगों की मौत
हनुमानगढ़। राजस्थान में हनुमानगढ़ जिले के नोहर थाना क्षेत्र में भादरा मार्ग पर मंगलवार को कार की चपेट में आने से मोटर साइकिल सवार दो महिलाओं सहित तीन लाेगों की मौत हो गई। थाना प्रभारी पुलिस निरीक्षक अजय गिरधर ने बताया कि मृतकों की पहचान विद्यादेवी (50), उसके पोते अनिल (18) और सुमित्रा देवी (65) […] The post हनुमानगढ़ : कार की टक्कर से मोटरसाइकिल सवार 3 लोगों की मौत appeared first on Sabguru News .
एसआईटी की प्रारंभिक रिपोर्ट में राम मंदिर चढ़ावा गणना में चोरी और गबन के साक्ष्य मिले
अयोध्या। श्रीराम जन्मभूमि मंदिर के चढ़ावे की गणना के दौरान चोरी और गबन के मामले की जांच के लिए गठित विशेष जांच दल (एसआईटी) की प्रारंभिक रिपोर्ट में प्रथम दृष्टया अनियमितताओं के साक्ष्य मिले हैं। एसआईटी के अनुसार उपलब्ध सीसीटीवी फुटेज में गणना कर्मियों को नोटों की गड्डियां और खुले नोट छिपाते हुए देखा गया […] The post एसआईटी की प्रारंभिक रिपोर्ट में राम मंदिर चढ़ावा गणना में चोरी और गबन के साक्ष्य मिले appeared first on Sabguru News .
नितिन नवीन की विधान सभा सीट पर भाजपा ने अभिषेक कुमार को बनाया उम्मीदवार
पटना। भारतीय जनता पार्टी ने बिहार की बांकीपुर विधानसभा सीट के उपचुनाव के लिए अभिषेक कुमार को अपना उम्मीदवार घोषित किया है। यह सीट पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन के राज्य सभा के लिए निर्वाचित होने पर विधान सभा से त्यागपत्र देने के कारण रिक्त है। भाजपा के राष्ट्रीय महासचिव अरुण सिंह ने बुधवार […] The post नितिन नवीन की विधान सभा सीट पर भाजपा ने अभिषेक कुमार को बनाया उम्मीदवार appeared first on Sabguru News .
ओडिशा में नाबालिग लड़की को जिंदा जलाने वाले व्यक्ति को उम्रकैद
भुवनेश्वर। ओडिशा के कालाहांडी जिले में 2017 में एक 15 वर्षीय लड़की को जिंदा जलाकर मार डालने के मामले में दोषी एक व्यक्ति को अदालत ने उम्रकैद की सजा सुनाई है। राज्य अपराध शाखा ने मंगलवार को बताया कि अपर सत्र न्यायाधीश की अदालत ने इस मामले के संबंध में दोषी ठहराए गए तुमेश्वर दास […] The post ओडिशा में नाबालिग लड़की को जिंदा जलाने वाले व्यक्ति को उम्रकैद appeared first on Sabguru News .
दानपात्र विवाद पर चंपत राय ने तोड़ी चुप्पी, बोले- एसआईटी रिपोर्ट के बाद सामने आएगा पूरा सच
लखनऊ/अयोध्या। श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के पूर्व महामंत्री चंपत राय ने राम मंदिर दानपात्र में कथित चोरी के मामले को लेकर पहली बार सार्वजनिक रूप से अपनी बात रखी है। राय ने छह जुलाई को अयोध्या से रामभक्तों के नाम लिखे अपने हस्तलिखित पत्र में कहा है कि 10 जून से दानपात्र की गणना […] The post दानपात्र विवाद पर चंपत राय ने तोड़ी चुप्पी, बोले- एसआईटी रिपोर्ट के बाद सामने आएगा पूरा सच appeared first on Sabguru News .
रीट की तैयारी का झांसा देकर रेप करने के आरोपी शिक्षक को निलंबित करने के निर्देश
जयपुर। राजस्थान के शिक्षा एवं पंचायती राज मंत्री मदन दिलावर ने डीग जिले में रीट की तैयारी का झांसा देकर दुष्कर्म करने के आरोपी शिक्षक रणधीर सिंह को तत्काल प्रभाव से निलंबित करने के निर्देश दिए हैं। आधिकारिक सूत्रों के अनुसार दिलावर ने यह मामला सामने आने के बाद आरोपी शिक्षक को तत्काल प्रभाव से […] The post रीट की तैयारी का झांसा देकर रेप करने के आरोपी शिक्षक को निलंबित करने के निर्देश appeared first on Sabguru News .
जयपुर में ट्रेलर की चपेट में आने फुटपाथ पर खड़े 4 लोगों की मौत, महिला घायल
जयपुर। राजस्थान में राजधानी जयपुर के श्याम नगर थाना क्षेत्र में मंगलवार को एक ट्रेलर की चपेट में आने से एक ही परिवार के तीन बच्चों सहित चार लोगों की मौत हो गयी, जबकि एक महिला गंभीर रूप से घायल हो गई। पुलिस सूत्रों ने बताया कि सुबह करीब पौने नौ बजे 200 फुट बाईपास […] The post जयपुर में ट्रेलर की चपेट में आने फुटपाथ पर खड़े 4 लोगों की मौत, महिला घायल appeared first on Sabguru News .
धौलपुर : दो पक्षों के बीच संघर्ष में गाेलीबारी से तनाव व्याप्त
धौलपुर। राजस्थान में धौलपुर के कोतवाली थाना क्षेत्र में कोटला मोहल्ले में मंगलवार को दो पक्षों के बीच हुई पत्थरबाजी के साथ हुई गोलीबारी से क्षेत्र में तनाव फैल गया। प्राप्त जानकारी के अनुसार गोलीबारी की आवाज सुनकर आसपास के लोग अपनी जान बचाने के लिए घरों में छिप गये। घटना का एक वीडियो भी […] The post धौलपुर : दो पक्षों के बीच संघर्ष में गाेलीबारी से तनाव व्याप्त appeared first on Sabguru News .

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