राजेंद्र कुमार टांक बने अखिल भारतीय टांक महासभा के अध्यक्ष
राजसमंद के कांकरोली में संपन्न हुए चुनाव में सर्वसम्मति से नई कार्यकारिणी का गठन कर पदाधिकारियों को सौंपी गई समाज के विकास की जिम्मेदारी।
आमेट के पीएम श्री स्कूल में एनएसएस शिविर के दौरान मनाया गया विज्ञान दिवस
एनएसएस स्वयंसेवकों ने विज्ञान प्रदर्शनी में भाग लिया और महाराणा प्रताप राज्यारोहण दिवस पर आयोजित चित्रकला प्रतियोगिता के विजेताओं को पुरस्कृत किया गया।
आमेट में राडाजी बावजी के नाम भजन संध्या आयोजित, निर्गुणी भजनों पर झूमे श्रद्धालु
राजसमंद के आमेट में लक्ष्मी बाजार स्थित राडाजी बावजी स्थल पर आयोजित रात्रि जागरण में प्रख्यात गायकों ने निर्गुणी भजनों की प्रस्तुतियां दीं।
भोलीखेड़ा-पाटिया खेड़ा सड़क चौड़ाइकरण हेतु 22 करोड़ स्वीकृत, विधायक ने जताया आभार
कुंभलगढ़ विधायक सुरेंद्र सिंह राठौड़ के प्रयासों से बजट में मिली मंजूरी, 22 करोड़ की लागत से सुधरेगी मार्ग की स्थिति और बढ़ेगी कनेक्टिविटी।
खामेनेई की मौत के बाद कराची में विरोध प्रदर्शन में 23 लोग मरे, कई घायल
इस्लामाबाद। अमरीका और इजराइल के संयुक्त मिसाइल हमले में ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली ख़ामेनेई की मौत के बाद पाकिस्तान के विभिन्न हिस्सों में हुए प्रदर्शनों के दौरान कम से कम 23 लोगों की मौत हो गई और अनेक घायल हो गए। रिपोर्टों के अनुसार कराची स्थित अमरीकी वाणिज्य दूतावास के बाहर झड़पों में […] The post खामेनेई की मौत के बाद कराची में विरोध प्रदर्शन में 23 लोग मरे, कई घायल appeared first on Sabguru News .
Kerala Samrudhi Lottery के नतीजे जारी; एर्नाकुलम के भाग्यशाली विजेता पर हुई 1 करोड़ की धनवर्षा
Kerala Samrudhi Lottery SM-44 के नतीजे घोषित! एर्नाकुलम के टिकट MS 587789 ने जीता ₹1 करोड़ का बंपर इनाम। पतनमथिट्टा और कोट्टायम में भी हुई धनवर्षा। पूरी लिस्ट देखें।
राज्यपाल हरिभाऊ बागडे ने जयपुर में शिव स्वराज्य यात्रा का किया अभिनंदन
पुणे से जम्मू कश्मीर जा रही यात्रा का लोकभवन में स्वागत, राज्यपाल ने शिवाजी महाराज की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर नई पीढ़ी को गौरवशाली इतिहास से जुड़ने का संदेश दिया।
वेनेज़ुएला, ग़ाज़ा और ईरान के बाद अगला नंबर किसका — और भारत की चुप्पी क्यों?
America Israel Iran War: यह चुप्पी बहुत शोर मचा रही है। लेकिन, अब यह सवाल सिर्फ़ वॉशिंगटन या तेहरान तक सीमित नहीं है। यह सवाल नई दिल्ली से भी पूछा जा रहा है—कि जब वैश्विक व्यवस्था बार-बार सैन्य ताक़त के आगे झुकती दिख रही है, तब दुनिया का सबसे बड़ा ...
हाथोज धाम में 1221वाँ फागोत्सव और राम नाम संकीर्तन समारोह संपन्न
स्वामी बालमुकुंदाचार्य महाराज के सानिध्य में आयोजित उत्सव में भगवान का विशेष श्रृंगार किया गया और श्रद्धालुओं ने फूलों की होली खेली।
दिल्ली-आगरा रेलवे रूट पर एक महिला यात्री चलती ट्रेन पकड़ने के चक्कर में मौत के मुंह से बाल-बाल बची। प्लेटफॉर्म पर दो बार फिसलने के बाद एक जांबाज रेलकर्मी ने अपनी जान पर खेलकर महिला को ट्रेन और पटरी के बीच आने से बचाया। इस रोंगटे खड़े कर देने वाली घटना का वीडियो वायरल होने के बाद रेलवे सुरक्षा और यात्रियों की लापरवाही पर गंभीर सवाल उठ रहे हैं। पढ़ें पूरी रिपोर्ट।
आईटीबी बर्लिन 2026 में राजस्थान पर्यटन की सशक्त भागीदारी और ब्रांडिंग
पर्यटन आयुक्त रूकमणी रियाड़ के नेतृत्व में विभाग ‘रेगिस्तान से राइन नदी’ थीम पर यूरोपीय बाजार में प्रदेश की संस्कृति और सस्टेनेबल मॉडल को प्रस्तुत करेगा।
NEET UG 2026 : NEET आवेदन में न करें ये गलतियाँ; वरना रिजेक्ट हो सकता है आपका फॉ
NEET UG 2026 पंजीकरण की अंतिम तिथि 8 मार्च है। 3 मई को होने वाली परीक्षा के लिए neet.nta.nic.in पर जल्द आवेदन करें। शुल्क और सुधार विंडो की पूरी जानकारी यहाँ देखें।
उत्तर पश्चिम रेलवे: होली पर रिकॉर्ड स्पेशल ट्रेनों का संचालन और व्यापक प्रबंधन
अतिरिक्त यात्री भार को नियंत्रित करने के लिए 65 विशेष ट्रेनों के सैकड़ों फेरे, 141 अतिरिक्त डिब्बे और स्टेशनों पर 24 घंटे वॉर रूम से निगरानी की व्यवस्था।
रींगस खाटूश्यामजी लक्खी मेला 2026: रेलवे को 3.40 करोड़ का रिकॉर्ड राजस्व
उत्तर पश्चिम रेलवे ने 2.58 लाख श्रद्धालुओं को सुरक्षित यात्रा कराई और पिछले वर्ष के मुकाबले राजस्व में 25.46 प्रतिशत की उल्लेखनीय वृद्धि दर्ज की।
बहराइच में पैसे के विवाद में परिवार के 4 सदस्यों की हत्या
बहराइच। उत्तर प्रदेश में बहराइच जिले के रुपईडीहा थाना क्षेत्र अंतर्गत बसन्तपुर रूदल (रामगांव) में जमीन बिक्री के पैसे के विवाद में एक युवक द्वारा अपने माता-पिता, दादी और बहन की कुल्हाड़ी से मारकर कर हत्या कर दी गई, जबकि बड़े भाई को गंभीर रूप से घायल कर दिया गया। आरोपी ने बाद में स्वयं […] The post बहराइच में पैसे के विवाद में परिवार के 4 सदस्यों की हत्या appeared first on Sabguru News .
उत्तर पश्चिम रेलवे: माल लदान और आय में दर्ज की गई उल्लेखनीय वृद्धि
मुख्य जनसम्पर्क अधिकारी अमित सुदर्शन ने फरवरी 2026 के आंकड़े जारी किए, जिसमें माल लदान में 14.57% और आय में 18.62% की रिकॉर्ड बढ़ोतरी दर्ज की गई।
मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने प्रदेशवासियों को होली और धुलंडी की शुभकामनाएं दीं
मुख्यमंत्री ने होली को आपसी प्रेम और भाईचारे का प्रतीक बताते हुए नागरिकों से सुरक्षित और पर्यावरण अनुकूल त्योहार मनाने का आह्वान किया है।
ईडी ने एसएससी भर्ती घोटाले की जांच की तेज, पार्थ चटर्जी, अर्पिता मुखर्जी को भेजा समन
कोलकाता। प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने पश्चिम बंगाल में कथित एसएससी भर्ती घोटाले की जांच तेज करते हुए पूर्व राज्य मंत्री पार्थ चटर्जी और उनकी करीबी सहयोगी अर्पिता मुखर्जी को पूछताछ के लिए समन जारी किया है। ईडी सूत्रों के अनुसार चटर्जी को 16 मार्च और मुखर्जी को 18 मार्च के बीच एजेंसी के समक्ष पेश […] The post ईडी ने एसएससी भर्ती घोटाले की जांच की तेज, पार्थ चटर्जी, अर्पिता मुखर्जी को भेजा समन appeared first on Sabguru News .
अली लारीजानी ने अमरीका के साथ बातचीत से इनकार किया
तेहरान। ईरान के सुरक्षा प्रमुख अली लारीजानी ने अमरीकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के साथ किसी भी नई बातचीत से इनकार कर दिया है। इससे ईरान, अमरीका और इज़राइल के बीच पूरे पश्चिम एशिया में सैन्य टकराव बढ़ने के साथ ही बयानबाजी और बढ़ गई है। ईरान की सर्वाेच्च राष्ट्रीय सुरक्षा परिषद के सचिव लारीजानी ने […] The post अली लारीजानी ने अमरीका के साथ बातचीत से इनकार किया appeared first on Sabguru News .
ईरान के नए नेतृत्व के साथ बातचीत के लिए तैयार : डोनाल्ड ट्रंप
वॉशिंगटन। अमरीका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान के नए नेतृत्व के साथ परमाणु वार्ता फिर से शुरू करने पर सहमति जताई है। ट्रंप ने द अटलांटिक पत्रिका को दिए एक टेलीफोन साक्षात्कार में कहा है कि वे बातचीत करना चाहते हैं और मैंने बातचीत के लिए सहमति दे दी है, इसलिए मैं उनसे बात […] The post ईरान के नए नेतृत्व के साथ बातचीत के लिए तैयार : डोनाल्ड ट्रंप appeared first on Sabguru News .
दुबई में रह रहीं एरिका फर्नांडिस ने बताई आपबीती, बोलीं- मिसाइल की आवाजें डराती हैं
मिडिल ईस्ट में अमेरिका और इजरायल द्वारा ईरान पर किए गए मिसाइल हमलों के बाद युद्ध शुरू हो चुका है। ईरान खाड़ी देशों में मौजूद अमेरिका के सैन्य ठिकानों पर लगातार हमले कर रहा है। इस तनाव का सीधा असर दुबई पर पड़ा है, जहां सुरक्षा कारणों से एयरस्पेस बंद कर दिया गया है। इस संकट के बीच टीवी एक्ट्रेस एरिका फर्नांडिस ने अपनी आपबीती साझा की है। एरिका साल 2023 में भारत छोड़ दुबई शिफ्ट हो गई थीं। एक्ट्रेस ने बताया कि वहां के हालात फिलहाल डरावने हैं, हालांकि वह सुरक्षित हैं। वह सरकार की ओर से जारी सभी जरूरी निर्देशों का पालन कर रही है। ALSO READ: ईरान-इजराइल जंग पर नोरा फतेही का भावुक वीडियो, बोलीं- सब कुछ बदलने वाला है हिंदुस्तान टाइम्स संग बात करते हुए एरिका ने कहा, मैं दुबई में सुरक्षित हूं, लेकिन मौजूदा हालात को शब्दों में बयां करना मुश्किल है। हवा में मिसाइलों को रोकने की आवाजें इतनी तेज और डरावनी हैं कि वे आपको झकझोर देती हैं। मेरे आसपास के लोग, दोस्त और परिवार इस खौफनाक मंजर को अपनी आंखों से देख रहे हैं। एरिका ने कहा, यूएई की सरकार ने इस संकट को अद्भुत तरीके से हैंडल किया है। यहां रहते हुए मैंने देखा है कि कैसे अधिकारी रिस्पॉन्ड कर रहे हैं। हालांकि जंग के हालातों में रहना आसान नहीं है। हम शांति से काम कर रहे हैं। लोकल अथॉरिटीज की गाइडलांइस का पालन कर सेफ रह रहे हैं। अभी हम बस यही कर सकते हैं। जिन लोगों ने इस जंग में अपनों को खोया है, मेरा दिल उनके साथ है। दुबई एयरपोर्ट और एयरस्पेस बंद होने के कारण न केवल आम नागरिक, बल्कि कई भारतीय हस्तियां भी वहां फंसी हुई हैं। बैडमिंटन प्लेटर पीवी सिंधु, एक्ट्रेस सोनम चौहान, साउथ एक्टर अजीत कुमार दुबई एयरपोर्ट पर फंसे हुए हैं।
अलवर में हाईटेंशन बिजली के तारों की चपेट में आने से दो बालक झुलसे
अलवर। राजस्थान में अलवर जिले के गोविंदगढ़ थाना क्षेत्र में रविवार को होली मिलन समारोह में दो बालक करंट लगने से झुलस गए। प्राप्त जानकारी के अनुसार अग्रवाल महासभा द्वारा अग्रवाल धर्मशाला में होली मिलन समारोह आयोजित किया गया था, जिसमें समाज के सभी लोग होली मिलन समारोह में डीजे पर चल रहे गानों पर […] The post अलवर में हाईटेंशन बिजली के तारों की चपेट में आने से दो बालक झुलसे appeared first on Sabguru News .
ट्रंप ने अमरीकी सैनिकों की मौत का बदला लेने की खाई कसम, संघर्ष तेज
वाशिंगटन/नई दिल्ली। अमरीकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने रविवार को चेतावनी दी कि ईरान पर सैन्य हमले तब तक जारी रहेंगे जब तक वाशिंगटन के सभी लक्ष्य हासिल नहीं हो जाते। उन्होंने तीन अमरीकी सैनिकों की मौत का बदला लेने की कसम खाई। ट्रंप की ये टिप्पणी ईरान द्वारा संयुक्त अरब अमीरात और अन्य खाड़ी देशों, […] The post ट्रंप ने अमरीकी सैनिकों की मौत का बदला लेने की खाई कसम, संघर्ष तेज appeared first on Sabguru News .
होलिका दहन के वो अनसुने रहस्य: क्यों मनाया जाता है 'अग्नि उत्सव' और क्यों बच्चे मचाते हैं शोर...
वर्ष 2026 में होलिका दहन 3 मार्च को मनाया जाएगा। जानिए भद्रा मुक्त काल में दहन का सटीक शुभ मुहूर्त और भक्त प्रह्लाद, कामदेव एवं राक्षसी धुंढी से जुड़ी प्रेरक पौराणिक कथाएं। अधर्म पर धर्म की जीत का यह महापर्व न केवल आध्यात्मिक शांति लाता है बल्कि वैज्ञानिक दृष्टिकोण से वातावरण की शुद्धि और सामाजिक एकता का भी संदेश देता है।
जीत को तरसा टॉटेनहम; क्या खत्म हो गया है स्पर्स का दबदबा?
10 मैचों में सिर्फ 4 अंक, जीत का लंबा इंतज़ार और नए कोच Igor Tudor के बावजूद गिरता प्रदर्शन—क्या स्पर्स पर रिलीगेशन का असली खतरा मंडरा रहा है?
ईरान के सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई (Ayatollah Ali Khamenei) की मौत का मातम मध्यप्रदेश के इंदौर में मातम मनाया गया। ईरान में जो हुआ उसे लेकर इंदौर के शिया समुदाय ने गहरा शोक और आक्रोश जताया। बता दें कि प्रदर्शनकारियों ने इस घटना को मुस्लिम जगत के लिए बड़ी क्षति बताया है। कई शहरों में कैंडल मार्च निकाले गए और पुतले फूंके गए जिससे सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है। इंदौर में तो मातम मनाते लोग रोते नजर आए। बता दें कि ईरान, इजरायल और अमेरिका में जंग के बाद एमपी के 700 से ज्यादा लोग यूएई में फंसे हैं। वे भारत सरकार से वापसी इंतजाम के लिए अपील कर रहे हैं। इस बीच जंग जारी है। कहीं खामेनेई की मौत पर जश्न है तो कहीं मातम मनाया जा रहा है। इसी क्रम में इंदौर में मातम मनाया गया। शायद आपने कुरान नहीं पढ़ी : इंदौर में मातम मनाते लोगों के एक समूह को संबोधित करते हुए एक मौलाना ने कहा कि कुछ लोगों को लग रहा है कि वो चले गए तो बात खत्म हो गई तो शायद आपने कुरान नहीं पढ़ी। कुरान में कहा गया है कि वो जो मिट्टी के नीचे चला गया है उसे मुर्दा मत समझना… वो जिंदा है। वो जिंदा है जो जमीन के नीचे चला गया। मुर्दा वो हैं जो जमीन पर चल रहे हैं। ऐसे लोगों का जमीर इतना मुर्दा हो गया है कि जालिम के खिलाफ आवाज नहीं निकाल पा रहे हैं। वो मुसलमान भी मुर्दा हैं जो : मौलाना ने आगे कहा कि अमेरिका और इजराइल तो पहले से ही मुर्दा हैं। मैं तो खुद उन मुसलमानों को मुर्दा कह रहा हूं, जिन्होंने अमेरिका और इजराइल को यह इजाजत दी, जिसके बाद अमेरिका ने उनको अड्डों को अपना ठिकाना बनाया और वहां से हमले किए। ये मुसलमान हुकूमतों के हुक्मरान, ये सउदी, ये दुबई, ये यूएई क्यों खामोश बैठे हैं। इनकी जुबां पर क्यों ताला लगा हुआ है। अमेरिका और इजराइल से पहले ये लानत के हकदार हैं। हमें शहादत का जाम मुबारक : मौलाना ने आगे कहा कि यही दुबई वाले हैं जिन्होंने अमेरिका का साथ दिया। इस बयान पर भीड़ अमेरिका मुर्दाबाद के नारे लगाने लगती है। मौलाना आगे कहते हैं कि इन मुल्कों के हुक्मरान जाकर अमेरिकियों के तलवे चाटते हैं। तुम्हें तलवे चाटना मुबारक हो हमें तो शहादत का जाम मुबारक रहेगा। रहबर तो इस रमजान के पाक महीने में इमान से जाकर मिल गए लेकिन उनका पैगाम जिंदा है। उनके पैगाम को जिंदा रखना आपका काम है। एमपी के 700 से ज्यादा लोग फंसें : बता दें कि मध्य प्रदेश के 700 से अधिक यात्री यूएई में फंस गए हैं। इनमें इंदौर के पूर्व विधायक संजय शुक्ला और विशाल पटेल भी शामिल हैं। उड़ानें रद्द होने की वजह से ये लोग दुबई और शारजाह के हवाई अड्डों पर फंसे हुए हैं। संजय शुक्ला ने सोशल मीडिया पर वीडियो साझा कर वहां बिगड़ते हालात और धमाकों की जानकारी दी है। उन्होंने प्रधानमंत्री मोदी से सुरक्षित स्वदेश वापसी के लिए मदद की अपील की है। Edited By: Naveen R Rangiyal
मोदी ने नेतन्याहू से बात की, ताजा घटनाक्रम पर चिंता जताई
नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इजराइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू के साथ टेलीफोन पर बातचीत के दौरान पश्चिम एशिया के ताजा घटनाक्रम पर चिंता जताते हुए युद्ध को जल्द खत्म किए जाने की जरूरत पर बल दिया है। मोदी ने इजराइल के प्रधानमंत्री के साथ रविवार रात हुई बातचीत के दौरान कहा कि आम […] The post मोदी ने नेतन्याहू से बात की, ताजा घटनाक्रम पर चिंता जताई appeared first on Sabguru News .
होलिका दहन के लिए गोकाष्ठ उपयोग का आह्वान: मंत्री जोराराम कुमावत की अपील
कैबिनेट मंत्री जोराराम कुमावत ने पर्यावरण संरक्षण और गोसंवर्धन के लिए लकड़ी के स्थान पर गाय के गोबर से बनी लकड़ी और कंडों के उपयोग पर बल दिया।
राज्यपाल हरिभाऊ बागडे का ग्वालियर दौरा: भारतीय ज्ञान परंपरा को बताया श्रेष्ठ
मध्यप्रदेश के जीवाजी विश्वविद्यालय में आयोजित युवा सम्मेलन में राज्यपाल ने पूर्णवाद विचारधारा और विकसित भारत के संकल्प पर युवाओं का मार्गदर्शन किया।
राजस्थान केंद्रीय विश्वविद्यालय में भारतीय वैज्ञानिक प्रतीक प्रदर्शनी आयोजित
भारतीय शिक्षण मंडल के तत्वावधान में आयोजित इस प्रदर्शनी में प्राचीन से आधुनिक काल तक के वैज्ञानिकों के योगदान और नवाचारों को पोस्टरों के माध्यम से दर्शाया गया।
हिंडौन सिटी में आरपीएफ ने सुरक्षा और पत्थरबाजी रोकने के लिए चलाया जागरूकता अभियान
कोटा मंडल के सहायक सुरक्षा आयुक्त ओपी रावत ने यात्रियों की सुरक्षा, चेन पुलिंग और ट्रेनों पर पत्थरबाजी की घटनाओं पर अंकुश लगाने हेतु जन सहयोग का आह्वान किया।
सपोटरा के सीताराम बगीची शिव मंदिर में मूर्तियां खंडित, बाजार बंद
करौली के सीताराम बाबा की बगीची में असामाजिक तत्वों ने प्राचीन प्रतिमाएं तोड़ीं, आक्रोशित ग्रामीणों ने बाजार बंद कर आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग की।
सवाई माधोपुर: चौथ का बरवाड़ा में 72 घंटे बाद दुकानदारों की भूख हड़ताल समाप्त
खंडार विधायक जितेंद्र गोठवाल की मध्यस्थता और वन विभाग के साथ 1010 फीट जगह देने की मौखिक सहमति के बाद दुकानदारों ने अनशन तोड़ा।
Motorola का तोहफा; FIFA Heroes के साथ मैदान में उतरी आर्केड फुटबॉल की नई दुनिया
Motorola बना FIFA Heroes का ऑफिशियल स्मार्टफोन पार्टनर! 5v5 आर्केड गेम, खास इन-गेम रिवॉर्ड्स और 2026 वर्ल्ड कप का रोमांच अब मोबाइल पर।
सवाई माधोपुर: पुराने शहर के मुख्य बाजार में जाम से जनता परेशान
बाजार मार्ग पर अवैध पार्किंग और अतिक्रमण के कारण यातायात बाधित होने से राहगीरों और आपातकालीन सेवाओं को हो रही असुविधा पर प्रशासन से कार्रवाई की मांग।
कुशालगढ़ फाल्गुन मेले में नृत्यांजलि और 1100 दीपकों की भव्य महाआरती
श्री श्याम सेवा धाम समिति द्वारा आयोजित मेले के पांचवें दिन अंतरराष्ट्रीय कलाकार कृष्ण मुरारी सैनी ने कत्थक प्रस्तुति दी और पूरा परिसर दीपों की रोशनी से जगमगा उठा।
सत्ता परिवर्तन का अधिकार: नागरिकों की संप्रभुता बनाम बाहरी हस्तक्षेप
ईरान और वेनेजुएला के उदाहरणों के माध्यम से वैश्विक राजनीति में संप्रभुता के महत्व और बाहरी शक्तियों द्वारा लोकतंत्र के नाम पर किए जाने वाले हस्तक्षेप का विश्लेषण।
युद्ध की आग में झुलसा फुटबॉल; अमेरिका में होने वाले FIFA World Cup से हट सकता है ईरान
ईरान-इजरायल तनाव और अमेरिकी बमबारी के बीच 2026 FIFA World Cup में ईरान की एंट्री पर सवाल। क्या ट्रैवल बैन से टीम बाहर हो जाएगी?
काशी विश्वनाथ मंदिर में ७५० साल पुरानी परंपरा के साथ होली का भव्य आगाज़ हुआ। सप्तऋषि आरती में बाबा को प्रथम गुलाल अर्पित कर रंगोत्सव का शंखनाद किया गया। जानिए कैसे यह प्राचीन परंपरा रंगभरी एकादशी और मणिकर्णिका घाट की 'मसाने की होली' का आधार बनती है और क्यों महादेव को गुलाल चढ़ाए बिना काशी में होली अधूरी मानी जाती है।
पश्चिम मध्य रेल महाप्रबंधक श्रीमती शोभना बंदोपाध्याय की सेवानिवृत्ति
पमरे की पहली महिला महाप्रबंधक शोभना बंदोपाध्याय 38 वर्षों की रेल सेवा के बाद सेवानिवृत्त हुईं, समारोह में विशिष्ट उपलब्धियों हेतु सम्मान प्रदान किया गया।
चौथ का बरवाड़ा: 52 घंटे से दुकानदारों की भूख हड़ताल, आज अहम बैठक
लव-कुश वाटिका परियोजना हेतु हटाई गई दुकानों के विरोध में 90 परिवारों की आजीविका का संकट, विधायक और प्रशासन के बीच आज समाधान के लिए होगी वार्ता।
डूंगरपुर में होली की धूम: आज होगा होलिका दहन, प्रवासियों के लौटने से बाजारों में बढ़ी रौनक
गुजरात और महाराष्ट्र से प्रवासियों के घर लौटने का सिलसिला जारी, वागड़ अंचल में पारंपरिक गैर नृत्य और ढूंढोत्सव की तैयारियां तेज।
ईरान हमले के बीच शेयर बाज़ार में 'रॉकेट' रफ़्तार उछाल; इतिहास ने रची नयी कहानी
ईरान-इज़राइल युद्ध के बीच भारतीय बाज़ार की रॉकेट रफ़्तार! जानिए कैसे ऐतिहासिक युद्धों और संकटों के बावजूद दलाल स्ट्रीट ने निवेशकों को दिया बंपर रिटर्न।
प्रेस कॉंफ्रेस में आगा जी की किरकिरी, खुद छोड़ेगें या निकाले जाएंगे (Video)
पाकिस्तान ने अपने आखिरी सुपर आठ चरण के मैच में सह मेजबान और पहले ही बाहर हो चुकी श्रीलंका को पांच रन के मामूली अंतर से हराया। लेकिन यह जीत उन्हें सेमीफाइनल में पहुंचाने के लिए काफी नहीं थी।पाकिस्तान के कप्तान सलमान अली आगा की टी20 विश्व कप में अंतिम मैच के बाद हुई प्रेस कॉंफ्रेस में किरकिरी हो गई जब पत्रकार ने पूछा कि वह खुद टी-20 टीम और कप्तानी छोड़ेगें या पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड उन्हें निकालेगा। इसका जवाब सलमान आगा ने हंसते हुए दिया कि 3-4 दिन के बाद सबको पता चल जाएगा।इस वाक्ये का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। आगा ने मैच के बाद प्रेस कांफ्रेंस में कहा, ‘‘अगर आप पूरा टूर्नामेंट देखें तो हमने उम्मीद से कम प्रदर्शन किया है। 20 ओवर के मैच में हमने 18 ओवर बहुत अच्छे से खेले और दूसरी टीम को दो ओवर अच्छे से खेलने दिए गए। लेकिन आखिरी तीन ओवर में रणनीति पर अच्छी तरह अमल नहीं किया। ’’ Pakistan's journalists got no chills You gonna leave captaincy by yourself or you will be kicked out by PCB. pic.twitter.com/KGSXnVIgue — Rajiv (@Rajiv1841) March 1, 2026 उन्होंने कहा, ‘‘हमने पहले इससे भी बेहतर गेंदबाजी की है। हमारी गेंदबाजी इकाई काफी बेहतर है। लेकिन हम ठीक से कार्यान्वयन करने में चूक गए। ’’ पाकिस्तानी के कप्तान ने खराब प्रदर्शन की पूरी जिम्मेदारी ली। उन्होंने कहा, ‘‘हम इसकी पूरी जिम्मेदारी लेंगे। क्यों नहीं? क्योंकि हम टीम चुनने में शामिल थे और खिलाड़ियों के लिए हम जिम्मेदार थे। मैं जिम्मेदारी लूंगा और मुझे यकीन है कि कोच भी लेंगे। ’’ उन्होंने कहा कि दबाव की स्थितियों में फैसले लेना पाकिस्तान के लिए एक बड़ी समस्या थी जिसे आईसीसी टूर्नामेंट में बेहतर नतीजों के लिए सुलझाना होगा। आगा ने कहा, ‘‘और यही बात मैंने उनसे कही, जब हम दबाव में हों तो हमें बेहतर फैसले लेने होंगे। क्योंकि असल में आप दबाव में गलतियां करते हैं। और आईसीसी टूर्नामेंट में, दबाव ज्यादा होता है क्योंकि आप दुनिया की सबसे अच्छी टीमों के खिलाफ खेल रहे होते हैं। ’’ उन्होंने कहा, ‘‘हर मैच जरूरी होता है क्योंकि अगर आप एक मैच हार जाते हैं तो ऐसा लगता है कि आप टूर्नामेंट से बाहर हो जाते हैं। इसलिए मुझे लगता है कि जब आप दबाव में होते हैं तो आपको अच्छे फैसले लेने होते हैं। ’’
सलूम्बर: देवलिया कना माता मंदिर में जमरा बीज मेले हेतु पंचों की बैठक
देवलिया के बारह खेड़ा के पंच पटेलों ने कना माता मंदिर परिसर में बैठक कर मेले में शराब और हुड़दंग पर पूर्ण प्रतिबंध लगाने का निर्णय लिया है।
14 साल के लंबे इंतजार के बाद, बॉलीवुड की सबकी चहेती एक्टर-डायरेक्टर जोड़ी अक्षय कुमार और प्रियदर्शन 'भूत बंगला' के लिए फिर से साथ आए हैं, जिससे फैंस के बीच जबरदस्त उत्साह है। हिंदी सिनेमा की कुछ सबसे आइकॉनिक कॉमेडी फिल्में देने के लिए मशहूर यह जोड़ी अब एक हॉरर-कॉमेडी के साथ लौट रही है, जिसमें डर और हंसी का बराबर डोज़ मिलने वाला है। बालाजी मोशन पिक्चर्स के सपोर्ट वाली यह फिल्म उनके सिग्नेचर ह्यूमर, जबरदस्त कॉमिक टाइमिंग और उस एंटरटेनमेंट को वापस लाने के लिए तैयार है जिसने उनके पिछले कोलाबोरेशंस को कल्ट क्लासिक बना दिया था। अक्षय कुमार और वामिका गब्बी इन दिनों फिल्म के प्रमोशन में व्यस्त है। A post shared by Balaji Motion Pictures (@balajimotionpictures) हाल ही में अक्षय कुमार और वामिका गब्बी के साथ एक कॉलेज कैंपस पहुंचे, जहां प्रमोशन के दौरान 10,000 से 12,000 स्टूडेंट्स की भारी भीड़ उमड़ पड़ी। वहां का माहौल एकदम इलेक्ट्रिक था, चारों तरफ शोर और तालियां गूंज रही थीं। इस दौरान दोनों ने एरियल सेटअप के जरिए आसमान से शानदार एंट्री ली और यह मौका फिल्म के पेपी ट्रैक 'राम जी आके भला करेंगे' के साथ और भी यादगार बन गया। बॉलीवुड की अन्य लेटेस्ट खबर पढ़ने के लिए क्लिक करें यह पूरा इवेंट एक विजुअल ट्रीट बन गया क्योंकि अक्षय और वामिका ने स्टूडेंट्स के साथ खूब बातें कीं और अपनी शानदार एनर्जी और मस्ती भरे अंदाज़ से वहां मौजूद हर किसी का उत्साह बढ़ा दिया। जितनी भारी भीड़ वहां जुटी और जैसा रिस्पॉन्स मिला, उससे साफ पता चलता है कि दर्शक अक्षय कुमार और प्रियदर्शन की इस 'OG' जोड़ी को बड़े पर्दे पर वापस देखने के लिए कितने बेताब हैं। 'भूत बंगला' को बालाजी टेलीफिल्म्स लिमिटेड की डिवीजन बालाजी मोशन पिक्चर्स ने केप ऑफ गुड फिल्म्स के साथ मिलकर पेश किया है। फिल्म में अक्षय कुमार, वामिका गब्बी, परेश रावल, तब्बू और राजपाल यादव लीड रोल में हैं। इसका निर्देशन प्रियदर्शन ने किया है और इसके प्रोड्यूसर अक्षय कुमार, शोभा कपूर और एकता आर कपूर हैं। यह फिल्म 10 अप्रैल, 2026 को सिनेमाघरों में रिलीज हो रही है।
विद्या भारती चिंतन बैठक: राष्ट्रीय शिक्षा नीति और जीवन मूल्य शिक्षा पर मंथन
आदर्श विद्या मंदिर में आयोजित जिला स्तरीय बैठक में 13 विद्यालयों के प्रतिनिधियों ने भाग लिया, जहां प्रांतीय मंत्री ने संस्कारयुक्त शिक्षा और डिजिटल शिक्षण पर जोर दिया।
बारां मंडी मुनीम गुमास्ता संघ चुनाव: हंसराज कुशवाह 245 मतों से विजयी
बारां मंडी मुनीम गुमास्ता मजदूर संघ के चुनाव में हंसराज कुशवाह ने गिर्राज नागर को हराया, मनिहारा धाम पर 925 में से कुल 884 मतदाताओं ने किया मतदान।
अन्ता विधायक प्रमोद जैन भाया ने गांवों में जनसंपर्क कर जताया आभार
पूर्व मंत्री भाया ने मण्डोली और इकलेरा सहित कई गांवों का दौरा कर जनता का धन्यवाद किया और परवन सिंचाई परियोजना में भ्रष्टाचार का मुद्दा उठाया।
बारां: एमिनेंट अकैडमी में राष्ट्रीय विज्ञान दिवस पर प्रदर्शनी आयोजित
विद्यार्थियों ने सौर ऊर्जा, जल संरक्षण और रोबोटिक्स के वर्किंग मॉडल प्रदर्शित किए, मुख्य अतिथि सुनील हवा ने नवाचार के लिए छात्रों को प्रेरित किया।
ईरान-इजराइल जंग पर नोरा फतेही का भावुक वीडियो, बोलीं- सब कुछ बदलने वाला है
मिडिल ईस्ट में चल रही जंग से दुनियाभर में टेंशन का माहौल है। अमेरिका और इजराइल द्वारा ईरान पर हमला किया गया। इसके बाद से ईरान खाड़ी देशों में मौजूद अमेरिका के सैन्य ठिकानों पर लगातार मिसाइलों से हमला कर रहा है। युद्ध के बीच भारत के कई लोग और सेलेब्स भी दुबई में फंस गए हैं। मिडिल ईस्ट में बढ़ते तनाव और अशांति के बीच नोरा फतेही ने सोशल मीडिया पर एक वीडियो साझा किया है। वीडियो में उन्होंने जानकारी दी कि वह बिल्कुल ठीक है। दरअसल, युद्ध की खबर आने के बाद से फैंस को नोरा की चिंता सता रही थीं। एक्ट्रेस अक्सर दुबई में ही रहती हैं। वह उनके सबसे ज्यादा शोज होते हैं। A post shared by Nora Fatehi (@norafatehi) नोरा फतेही ने स्पष्ट किया कि वह फिलहाल भारत में हैं और सुरक्षित हैं। हालांकि, युद्ध और विनाश की तस्वीरों ने उन्हें झकझोर कर रख दिया है। नोरा ने कहा, हर दिन लोगों के मन में डर है कि कल क्या होगा। इन दृश्यों को देखकर मुझे बहुत बुरा लग रहा है क्योंकि हम और निर्दोष जानें नहीं खोना चाहते। नोरा ने कहा, लगातार हो रही इन घटनाओं से लोग थक चुके हैं। साल दर साल, एक के बाद एक गड़बड़ घटनाएं, एक के बाद एक लड़ाई और एक के बाद एक दुखद घटना हो रही है। लगातार हो रही इस उथल-पुथल का गहरा साइकोलॉजिकल असर दुनिया भर के लोगों पर पड़ रहा है। एक्ट्रेस ने कहा, हां, चीजें बढ़ेंगी और बेहतर होने से पहले और खराब होंगी। पावर में एक बड़ा बदलाव होगा और एक नया वर्ल्ड ऑर्डर बनेगा। हो सकता है कि उस पर हमारा कंट्रोल न हो। दुर्भाग्य से हमेशा वही लोग कीमत चुकाएंगे, और हम सभी इसे साइकोलॉजिकली, स्पिरिचुली और इकोनॉमिकली महसूस करेंगे।
Holika Dahan 2026: 02 नहीं 03 मार्च को ही करें होलिका दहन, जानिए शास्त्रमत
Holika dahan kab hai: बहुत से ज्योतिष और पंडित होलिका दहन 02 मार्च की शाम को प्रदोष काल में करने या भद्रा के पुच्छ काल में करने का बोल रहे हैं इसके बाद अलगे दिन अर्थात 03 मार्च को रंगों वाली होली यानी धुलेंडी के त्योहार मनाने का बोल रहे हैं, लेकिन हमारा मत है कि होलिका दहन 03 मार्च की शाम को प्रदोष काल में या उसके बाद कभी भी करें और 04 मार्च को होली मनाएं। जानिए इसका मुख्य कारण। 02 मार्च को भद्राकाल में नहीं जलाते हैं होली: 02 मार्च की शाम को 05 बजकर 58 मिनट पर भद्रा काल प्रारंभ हो जाएगा। यही समय प्रदोष काल का भी रहेगा। इस काल में होलिका दहन करना अशुभ माना गया है। भद्रा का पुच्छ काल रात 01:25 से 02:35 तक रहेगा। इस समय होलिका दहन कर सकते हैं लेकिन भद्रा इस बार धरती लोक की है। धरती लोक की भद्रा में किसी भी प्रकार की पूजा पाठ नहीं करते हैं। शास्त्र कहते हैं कि यदि जरूरी नहीं हो तो अगले दिन होलिका दहन करें। ALSO READ: होलिका दहन पर भद्रा और चंद्र ग्रहण का साया, कब मनाएं होली और धुलंडी? ALSO READ: Holika 2026: क्या 2 मार्च को होगा होलिका दहन? जानिए सही तिथि और मुहूर्त ALSO READ: Holi puja remedies 2026: होलिका दहन के दिन करें मात्र 5 उपाय, संपूर्ण वर्ष रहेगा शुभ ALSO READ: Holi ke upay: होलिका दहन की अग्नि में डालें ये 5 चीजें, चमक जाएगी सोई हुई किस्मत ALSO READ: Holika Dahan 2026: पूर्णिमा को है ग्रहण, कब करें होलिका दहन..! 03 मार्च को सूतक काल और ग्रहण में कैसे खेलें होली? 03 मार्च को प्रात: 09:36 से ही चंद्र ग्रहण का सूतक काल प्रारंभ हो जाएगा। इस काल में धुलेंडी का रंग डालना शास्त्र सम्मत नहीं माना गया है। इसलिए जब शाम को 06:46 पर चंद्र ग्रहण समाप्त हो जाए तब होलिका दहन करें और अगले दिन होली मनाएं। निर्णय सिंधु और धर्मसिंधु के अनुसार, यदि पहले दिन भद्रा का साया हो और दूसरे दिन पूर्णिमा प्रदोष काल से थोड़ा पहले समाप्त हो रही हो, तो भी दूसरे दिन भद्रा मुक्त समय को ही प्राथमिकता दी जानी चाहिए।
बारां: महाकाल मंदिर में महाकाल महिला मंडल द्वारा फाग उत्सव और फूलों की होली आयोजित
आदर्श नगर स्थित मंदिर में राधा-कृष्ण की झांकी सजाई गई और महिला मंडल ने पारंपरिक भजनों के साथ सामाजिक समरसता का संदेश दिया।
बारां: राष्ट्रीय विज्ञान दिवस पर विद्या भारती के बाल वैज्ञानिक सम्मानित
विज्ञान भारती द्वारा आयोजित समारोह में स्वामी विवेकानंद विद्या निकेतन के छात्रों को मॉडल प्रस्तुति के लिए प्रशस्ति-पत्र एवं स्मृति चिन्ह प्रदान किए गए।
वल्लभनगर विधायक उदयलाल डांगी ने दरौली मंदिर में की 10 लाख की घोषणा
श्रीयादे मंदिर परिसर में पुस्तकालय व वाचनालय निर्माण की घोषणा के साथ ही समाज ने डबोक-भटेवर मार्ग पर माता श्रीयादे के पैनोरमा स्थापना की मांग रखी।
मावली: सवानिया स्कूल के शिक्षक मांगी लाल डांगी की भव्य सेवानिवृत्ति
31 वर्ष की राजकीय सेवा पूर्ण होने पर विधायक पुष्कर लाल डांगी और ब्लॉक शिक्षा अधिकारी की उपस्थिति में मेवाड़ी परंपरा से हुआ शिक्षक का भव्य अभिनंदन।
झालावाड़: ग्राम पंचायत ढाबला भोज में भ्रष्टाचार और नरेगा घोटाले का आरोप
ग्रामीणों ने कलेक्टर और सांसद से शिकायत के बाद भी जांच न होने पर उठाए सवाल, नरेगा और अमृत सरोवर कार्यों में धांधली का लगाया आरोप।
झालावाड़: झालरापाटन में आलू के कट्टों के नीचे छिपी भारी मात्रा में अवैध शराब जब्त
पुलिस ने पंजाब से गुजरात ले जाई जा रही 479 पेटी अंग्रेजी शराब व बियर बरामद कर हरियाणा निवासी ड्राइवर और खलासी को गिरफ्तार किया है।
मिडिल ईस्ट का तनाव और भारतीय शेयर बाजार: किन सेक्टरों में है खलबली और कहाँ दिख रही है चमक?
मिडिल ईस्ट में बढ़ते तनाव के चलते भारतीय शेयर बाजार में भारी उतार-चढ़ाव है। जानिए इस युद्ध का बैंकिंग, आईटी, एविएशन और ऑयल सेक्टर पर क्या असर पड़ रहा है। क्या आपको अपना निवेश बेचना चाहिए या धैर्य रखना चाहिए? पूरी जानकारी यहाँ पढ़ें।
NSE और BSE हॉलिडे कैलेंडर: मार्च 2026 में किस दिन बंद रहेगा शेयर बाजार, जानें पूरी डिटेल्स
जानें मार्च 2026 में शेयर बाजार (NSE/BSE) कब बंद रहेगा। होली, राम नवमी और महावीर जयंती सहित कुल 12 दिनों की छुट्टियों की पूरी लिस्ट यहाँ देखें और अपनी ट्रेडिंग प्लानिंग अभी करें।
मिडिल ईस्ट में बढ़ते युद्ध के तनाव के बीच सोने और चांदी की कीमतों में रिकॉर्ड तोड़ तेजी आई है। निवेशक घबराकर सुरक्षित निवेश (Safe Haven) की ओर भाग रहे हैं। जानिए आज का ताजा भाव और क्या यह तेजी आगे भी जारी रहेगी।
मिडिल ईस्ट में बढ़ते तनाव और ईरान के सर्वोच्च नेता की मौत के बाद आज भारतीय शेयर बाजार में भारी गिरावट दर्ज की गई। सेंसेक्स 1100 अंक टूटा, निफ्टी 24,800 के करीब। जानिए बाजार में इस गिरावट की असली वजह और वैश्विक हालातों का आपके निवेश पर क्या असर पड़ रहा है।
2 मार्च 2026 को दक्षिण भारत में मौसम का मिजाज: बढ़ती गर्मी और सामान्य से ऊपर तापमान का पूर्वानुमान। जानिए किन राज्यों में गर्मी का असर तेज होगा और क्या है मौसम विभाग का अपडेट।
फरवरी की विदाई के बाद मार्च में बदले मौसम के तेवर, दिल्ली में बढ़ी तपिश; रहें सावधान!
2 मार्च 2026 को दिल्ली का मौसम कैसा रहेगा? जानिए दिल्ली में आज तापमान कितना है और बढ़ते तापमान से बचने के लिए क्या सावधानियां बरतें। मौसम विभाग के ताजा अपडेट यहाँ पढ़ें।
डोनाल्ड ट्रम्प को राष्ट्रपति पद की शपथ लिए 13 महीने हुए हैं। इस दौरान ट्रम्प ने 7 देशों पर सैन्य हमले किए, ईरान के सुप्रीम लीडर को मार गिराया, वेनेजुएला के राष्ट्रपति को तो घर से उठवा लिया, दर्जनों देशों पर अनाप-शनाप टैरिफ लगाए और राष्ट्राध्यक्षों को बेइज्जत किया। सवाल सिर्फ इतना नहीं कि ट्रम्प क्या कर रहे हैं, सवाल यह है कि क्यों कर रहे हैं? क्या यह सब उनकी सनक है, या अमेरिका की गिरती इकोनॉमी और बदलते वर्ल्ड ऑर्डर में ताकत बचाने की एक सोची-समझी रणनीति; मंडे मेगा स्टोरी में पूरी कहानी… अमेरिका ने उपनिवेश नहीं बनाए। उसने डॉलर का इस्तेमाल किया। ऐसी व्यवस्था बनाई की दुनिया के देश अंतरराष्ट्रीय व्यापार में डॉलर का इस्तेमाल करेंगे। इसके बूते अमेरिका सुपरपावर बना। अब युद्धों, फिजूल खर्चों, पॉपुलिस्ट फैसलों का शिकार होकर अमेरिका भी स्पेन और ब्रिटेन वाली गलती कर रहा है। ***** ग्राफिक्स: दृगचंद्र भुर्जी और अजीत सिंह -------- ईरान हमले से जुड़ी ये खबर भी पढ़िए… ईरान के सुप्रीम लीडर खामेनेई मारे गए: 11 साल की उम्र में मौलवी, संविधान बदलकर 'रहबर' बने; क्यों मारना चाहता था इजराइल ईरान के सुप्रीम लीडर अयातुल्लाह अली खामेनेई की मौत हो चुकी है। अमेरिका-इजराइल ने 28 फरवरी की स्ट्राइक में उन्हें मार गिराया। खामेनेई खुलकर इजराइल के अस्तित्व को मिटाने की बात करते थे। नेतन्याहू मानते हैं कि खामेनेई की हत्या के बाद क्षेत्र में स्थिरता आ जाएगी। पूरी खबर पढ़िए…
जून 2025- अमेरिका-ईरान में न्यूक्लियर डील पर बातचीत चल रही थी। ऐन मौके पर इजराइल ने ईरान के न्यूक्लियर प्रोग्राम को अपने लिए खतरा बताते हुए उस पर हमला कर दिया। अमेरिका भी इसमें शामिल हो गया। जबकि अमेरिकी खुफिया एजेंसियों को ईरान के न्यूक्लियर हथियार बनाने के कोई सबूत नहीं मिले थे। फरवरी 2026- अमेरिका और ईरान में दोबारा न्यूक्लियर डील पर बात हो रही थी, डील लगभग होने ही वाली थी। इजराइल और सऊदी अरब ने ट्रम्प को दोबारा ईरान पर हमले के लिए मना लिया। जानकारों मानते हैं कि एकबार फिर ट्रम्प, नेतन्याहू की जंग लड़ रहे हैं। आखिर, नेतन्याहू ने ट्रम्प को ईरान के खिलाफ जंग में कैसे घसीटा, खामेनेई को मारने से इजराइल को क्या फायदा, भास्कर एक्सप्लेनर में पूरी कहानी… सवाल-1: नेतन्याहू ने ट्रम्प को ईरान पर हमले के लिए कैसे तैयार किया?जवाब: नेतन्याहू करीब 2 दशक से यह कहते आ रहे हैं कि ईरान न्यूक्लियर हथियार बनाने की कगार पर है, जो इजराइल के लिए खतरनाक है। बीते साल 4 फरवरी 2025 को इजराइली पीएम नेतन्याहू, ट्रम्प से मिलने अमेरिका पहुंचे थे। इसी मुलाकात के बाद ईरान पर इतने बड़े हमले की पृष्ठभूमि तैयार हुई… अमेरिकी हमलों में ईरान के न्यूक्लियर ठिकानों को काफी नुकसान पहुंचा। वह न्यूक्लियर हथियार बनाने के लिए जरूरी यूरेनियम जुटाने के टारगेट से भी काफी साल पीछे चला गया था। इसके बाद ईरान और अमेरिका में दोबारा न्यूक्लियर डील पर बात शुरू हुई, लेकिन इस बार नेतन्याहू ने ईरान की मिसाइल्स के खतरे का जिक्र भी शुरू कर दिया। सवाल-2: जब ईरान के न्यूक्लियर ठिकाने तबाह, तो ट्रम्प ने दोबारा हमला क्यों किया?जवाब: जून में अमेरिकी हमलों के बाद कुछ रिपोर्ट्स में कहा जाने लगा कि ईरान का न्यूक्लियर प्रोग्राम पूरी तरह खत्म नहीं हुआ है। अक्टूबर 2025 में नेतन्याहू ने ईरान से एक और खतरा बताया। उन्होंने कहा, 'लोगों को इस पर भरोसा नहीं होता, लेकिन ईरान 8 हजार किमी रेंज वाली इंटर-कॉन्टिनेंटल बैलिस्टिक मिसाइल्स डेवेलप कर रहा है। ईरान किसी भी अमेरिकी शहर को निशाना बना सकता है।' इसके बाद ट्रम्प भी यही दावा दोहराने लगे। जबकि ईरान ने इससे लगातार इनकार किया। वह अमेरिका के साथ न्यूक्लियर डील और अपने मिसाइल प्रोग्राम को लेकर भी बातचीत कर रहा था। फरवरी की शुरुआत में ट्रम्प प्रशासन ने ईरान के साथ संघर्ष से पीछे हटकर कूटनीतिक बातचीत से रास्ता निकालने के संकेत दिए थे। दोनों देशों के के बीच डील पर दोबारा बातचीत शुरू हुई। विशेष दूत स्टीव विटकॉफ और ट्रंप के दामाद जेरेड कुशनर ईरान के न्यूक्लियर और मिसाइल प्रोग्राम को लेकर ईरानी नेताओं से बातचीत कर रहे थे। ओमान इसकी मध्यस्थता कर रहा था। जेनेवा में 26 फरवरी को डील पर तीसरे दौर की बात हुई। 28 फरवरी को मध्यस्थता कर रहे ओमान के विदेश मंत्री बदर अलबुसैदी ने कहा, 'मुझे लगता है शांति समझौता हमारी पहुंच में है। हमने समझौते की तरफ काफी प्रगति की है। ईरान ने न्यूक्लियर बम के लिए जरूरी सामग्री त्यागने पर प्रतिबद्धता जताई है। उनके पास इसका कोई स्टोरेज नहीं है। अगर आप संवर्धित मटेरियल यानी यूरेनियम स्टोर नहीं कर सकते, तो बम भी नहीं बना सकते।' अलबुसैदी ने ये भी कहा, 'मीडिया ने इस तथ्य को काफी हद तक नजरअंदाज किया है। मैं एक मध्यस्थ के नजरिए से इसे साफ करना चाहता हूं।' अगले हफ्ते वियना में डील की तकनीकी शर्तों पर बाकी बातचीत होनी थी। इसके पहले ही इजराइल और अमेरिका ने ईरान पर हमला कर दिया। ये दूसरी बार है, जब डील पर निर्णायक बातचीत से ऐन पहले ईरान पर हमला बोल दिया गया। अमेरिकी अखबार वाशिंगटन पोस्ट के मुताबिक, मामले से परिचित 4 लोगों ने बताया कि इजराइल और सऊदी अरब हफ्तों से ईरान पर अमेरिका के हमले की पैरवी कर रहे थे। रिपोर्ट के मुताबिक, 'सऊदी अरब के क्राउन प्रिंस मोहम्मद बिन सलमान यानी MBS सार्वजानिक तौर पर तो मामले के कूटनीतिक समाधान की बात कह रहे थे, लेकिन पिछले महीने उन्होंने ट्रम्प को कई निजी कॉल किए और ईरान पर हमले की वकालत की। नेतनयाहू ने भी ईरान पर अमेरिका से हमला करवाने का अपना लंबे समय से चला आ रहा अभियान जारी रखा।' MBS ने अमेरिकी ऑफिसर्स से बातचीत में कहा कि अगर अमेरिका ने अभी कार्रवाई नहीं की, तो ईरान और भी खतरनाक बनकर उभरेगा। MBS के भाई और सऊदी के डिफेंस मिनिस्टर खालिद बिन सलमान ने भी जनवरी में अमेरिकी ऑफिसर्स के साथ सीक्रेट मीटिंग्स में कहा कि हमला न करने से नुकसान होगा। नेतन्याहू और MBS की इन कोशिशों के बीच 19 फरवरी को ट्रम्प ने कहा कि 10 दिन के अंदर या तो डील होगी या ईरान इसका अंजाम भुगतेगा। जबकि इससे पहले ट्रम्प खुद कह चुके थे कि जून में हुए हमलों में ईरानी न्यूक्लियर प्रोग्राम पूरी तरह खत्म हो गया था। बीते शुक्रवार को ट्रम्प अपने मार-ए-लागो रिसॉर्ट में थे। वहां मौजूद लोगों ने बताया कि ट्रम्प थके लग रहे थे। फिर वो ईरान पर हमले की घोषणा वाला वीडियो रिकॉर्ड करने अपने प्राइवेट रूम में चले गए। शनिवार को ट्रम्प ने ईरान पर बड़े हमले का आदेश दे दिया। सवाल-3: तो क्या ईरान के खिलाफ नेतन्याहू की निजी लड़ाई है?जवाब: शुरुआत से ही अमेरिकी जनता और अमेरिका के ज्यादातर सांसद ईरान पर अमेरिकी हमले के खिलाफ रहे हैं। मैरीलैंड यूनिवर्सिटी के हालिया सर्वे में केवल 21% अमेरिकियों ने कहा कि वे ईरान के साथ युद्ध के पक्ष में हैं। अमेरिकी सांसद रशीदा तलैब कहती हैं, ‘ट्रम्प अमेरिकी राजनीति के एलीट क्लास के लोगों और इजराइली रंगभेदी सरकार की हिंसक कल्पनाओं के आधार पर काम कर रहे हैं, और उन ज्यादातर अमेरिकियों की अनदेखी कर रहे हैं जो साफ तौर पर कहते हैं कि अब और युद्ध नहीं चाहिए।’ ट्रम्प ने अपने दूसरे कार्यकाल की शुरुआत से 'अमेरिका फर्स्ट' पॉलिसी की बात कही है, जिसमें पुराने दौर की तरह अमेरिका को युद्धों में घसीटने के बजाय तरक्की पर फोकस है। वहीं इजराइल और नेतन्याहू के पास इस जंग के पीछे दो बड़े ऑब्जेक्टिव थे.. 1. अमेरिका और ईरान के बीच डील रोकना 2. मिडिल ईस्ट में सबसे बड़े प्रतिद्वंद्वी ईरान को कमजोर करना सवाल-4: इस जंग से इजराइल को ज्यादा फायदा या अमेरिका को?जवाब: अगर ईरान से अमेरिका के संबंध बेहतर हो जाते, तो इजराइल को मिडिल ईस्ट में एक मजबूत टक्कर मिल सकती थी। अभी तक इजराइल, अमेरिका से सबसे ज्यादा आर्थिक और सैन्य सहायता पाने वाला देश है। वहीं खामेनेई के बाद ईरान में नई सत्ता आने से अमेरिका को भी फयदे हैं। मिडिल ईस्ट में कतर, इराक, सीरिया, जॉर्डन, कुवैत और सऊदी अरब जैसे देशों में अमेरिका ने अपने मिलिट्री बेस बनाए हुए हैं। ईरान के कब्जे वाले लाल सागर के रूट्स के जरिए अमेरिका का तेल और बाकी चीजों का ट्रेड भी चलता है। ईरान अकेला ऐसा देश है, जहां अमेरिका का कोई बेस नहीं है। अगर ईरान में अमेरिका के मन मुताबिक सरकार आती है, तो पूरे मिडिल ईस्ट पर उसका कंट्रोल हो जाएगा। सवाल-5: इस जंग में सऊदी जैसे अरब देशों ने ईरान का साथ क्यों नहीं दिया?जवाब: मिडिल ईस्ट के मुस्लिम देशों में सुन्नी-शिया बाइनरी है। सऊदी अरब और ईरान के बीच इन देशों की लीडरशिप को लेकर वर्चस्व की पुरानी लड़ाई है। इसके अलावा सऊदी अरब, कतर, UAE जैसे सुन्नी बहुल अरब देशों से अमेरिका के सैन्य, आर्थिक और कूटनीतिक रिश्ते हैं। ईरान के कमजोर पड़ते ही इन देशों के अमेरिका से संबंध और बेहतर होंगे। वहीं इस इलाके में ईरान के अलावा इराक, लेबनान और सीरिया ऐसे देश हैं, जो शिया बाहुल्य हैं। हालांकि ये देश खुद बेहद कमजोर हैं और अंदरूनी सत्ता संघर्ष से जूझ रहे हैं। ईरान, जिन हूती और हिजबुल्लाह जैसे संगठनों को मदद करता रहा है, वो अलग-अलग समय पर बाकी इस्लामिक देशों के लिए खतरा बने रहे हैं। एक और वजह ये भी है कि दुनिया के सभी इस्लामिक देशों में सिर्फ पाकिस्तान के पास न्यूक्लियर हथियार हैं। मिडिल ईस्ट के अरब देशों को अमेरिका ने सुरक्षा गारंटी दे रखी है, इसके बदले में उन्होंने न्यूक्लियर हथियार न रखने का वादा किया है। ऐसे में ये देश ईरान के न्यूक्लियर प्रोग्राम को खुद के लिए भी एक खतरे की तरह देखते हैं। सवाल-6: क्या सुप्रीम लीडर खामेनेई को मार देने से ईरान-अमेरिका का मकसद पूरा हो जाएगा?जवाब: एक्सपर्ट्स का मानना है कि खामेनेई की हत्या करने से भी अमेरिका और इजराइल के लिए ईरान में सत्ता परिवर्तन करना आसान नहीं है... ---- ये खबर भी पढ़ें… खामेनेई से खुन्नस या ट्रम्प को जंग में घसीटना:नेतन्याहू का असली मकसद क्या; ईरान में परमाणु बम बनाने के सबूत नहीं, फिर क्यों हमला किया 5 फरवरी 2003 को अमेरिका के विदेश मंत्री कोलिन पॉवेल संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में एक शीशी लहराने लगे। दावा किया कि इराक के शासक सद्दाम हुसैन के पास ऐसे रासायनिक हथियार हैं, जिनसे सामूहिक विनाश हो जाएगा। ऐसा माहौल बनाया गया कि इराक पर हमला जरूरी लगने लगा। पूरी खबर पढ़ें…
इजराइल और अमेरिका के हमले में ईरान के सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई की मौत के बाद राजधानी तेहरान में ‘खून का बदला खून’ के नारे लग रहे हैं। तीसरे बड़े शहर इस्फहान में अमेरिका-इजराइल के विरोध में उतरे लोगों से सड़कें भरी हैं। जाजन और यसुज शहर में भी लोग गुस्से में हैं। कोम शहर की जमकरान मस्जिद पर लाल झंडा लहरा रहा है, जिसका मतलब है बदला। हमले के बाद से ही ईरान में इंटरनेट पूरी तरह काम नहीं कर रहा है। कम्युनिकेशन ठप है। सरकारी न्यूज चैनल से ही कोई जानकारी मिल रही है। दैनिक भास्कर ने ईरान के लोगों से बात की। उन्होंने हमें फोटो और वीडियो भेजे हैं, जिनसे वहां के हालात का पता चलता है। खामेनेई की मौत के बाद कराज शहर में लोग जश्न मनाते भी दिखे। इसका एक वीडियो सामने आया है। हमने इजराइल के हालात पर भारत में इजराइली राजदूत रुवेन अजार से भी बात की। ‘खामेनेई फरिश्ता थे, उनके लिए शहादत देंगे’हमने तेहरान में रहने वाले एक सरकारी मुलाजिम महमूद से बात की। महमूद बदला हुआ नाम है, क्योंकि उन्होंने पहचान उजागर न करने की गुजारिश की थी। महमूद कहते हैं, ‘सुप्रीम लीडर की शहादत के बाद हमने ईरान में ऐसे नजारे देखे हैं, जो आज तक नहीं देखे।' 'अमेरिका जैसे ताकतवर मुल्क के साथ जंग के बीच खामेनेई को आखिरी सलामी देने के लिए आए लोगों से सड़कें भर गईं। ईरान का हर बच्चा बदला लेने के लिए तैयार है।’ अमेरिका और इजराइल के फाइटर जेट्स ने तेहरान में खामेनेई के ऑफिस कॉम्प्लेक्स पर 30 मिसाइलें दागी थीं। इस हमले में उनकी बेटी-दामाद, बहू और पोती समेत कॉम्प्लेक्स में मौजूद 40 कमांडर मारे गए है। हमले के वक्त खामेनेई कमांडरों के साथ मीटिंग कर रहे थे। ‘तेहरान पर अब भी बरस रहीं मिसाइलें’भारतीय मूल के अहमद अब्बास 15 साल से तेहरान में रह रहे हैं। हमारी बात होने से आधा घंटा पहले ही अहमद के घर के पास धमाके हुए थे। उनके मुताबिक, लोगों से कहा गया है कि आसपास धमाका होते ही घर से तुरंत बाहर निकलें और खुली जगह पर चले जाएं। दिन में कई दफा ऐसा करना पड़ता है। अहमद बताते हैं, ‘वेस्टर्न और नॉर्दर्न तेहरान में लगातार हमले हो रहे हैं। आसपास के इलाकों से बहुत से लोग काम के लिए तेहरान आते हैं। अब सभी घर लौट गए हैं। तेहरान में आम दिनों के मुकाबले कम भीड़ है।’ खामेनेई की मौत के बाद निकले जुलूस में अहमद भी शरीक हुए थे। इस पर अहमद बताते हैं, ‘जुलूस में शरीक हुए लोगों में एक जज्बा साफ दिखा कि जंग को सही नतीजे तक पहुंचाना जरूरी है। बेशक अमेरिका सामने है। इजराइल की तो बहुत बड़ी हैसियत नहीं है। उन्हें इस हिमाकत का जवाब देना होगा।’ ‘ईरान पर 28 फरवरी की सुबह हमला हुआ। हमने नहीं सोचा था कि ये सब इतनी जल्दी होगा। मुझे लग रहा है कि खामेनेई की शहादत से ईरान एक हो रहा है। ईरान के लोग खामेनेई के सपोर्ट में शहादत देने के नारे लगा रहे हैं। जंग में मजबूती से लड़ने के लिए खुद को दिमागी तौर पर तैयार कर रहे हैं।’ ‘पहले हमें बताया गया कि सुप्रीम लीडर और उनके करीबी लोग ठीक हैं। देर रात टीवी से पता चला वे शहीद हो गए हैं। इसके बाद से ईरान में अटैक से भी बड़ी लहर उठी है।’ ‘खामेनेई की मौत की खबर देर रात दी, ताकि लोग बाहर न निकलें’खामेनेई की मौत की खबर ईरान के लोगों को रात करीब 3 बजे दी गई। ऐसा इसलिए किया, ताकि लोग तुरंत सड़कों पर न निकलें और उन्हें सदमा न लगे। इसके बावजूद खबर मिलते ही लोग सड़कों पर निकल आए। रोने-बिलखने लगे। अहमद बताते हैं, ‘ईरान में लोगों का सुप्रीम लीडर से जज्बाती लगाव है। उनका विरोध करने वाले भी हैं, लेकिन ऐसे लोग बहुत कम हैं। लोगों के दिलों में खामेनेई के लिए बहुत इज्जत है। ईरान छोड़िए भारत और पाकिस्तान जैसे मुल्कों में भी उनके चाहने वाले बड़ी तादाद में हैं।’ ईरान अमेरिका के सहयोगी देशों से घिरा है, क्या उसे विदेशी मदद मिल रही है? अहमद जवाब देते हैं, कई मुल्क ईरान के साथ खड़े हैं। इराक से सपोर्ट मिला है। लेबनान किसी भी वक्त जंग में शामिल हो सकता है। यमन में भी हमारे पास ताकतें हैं, जो इस जंग में शामिल होंगी।’ ईरान की तरफ से बड़े मिसाइल हमले की तैयारीअहमद कहते हैं, ‘लोग चाहते हैं कि ईरान इतना जबरदस्त हमला करे कि दुश्मन झुकने के लिए मजबूर हो जाएं। जवाब ऐसा हो कि अगली बार हमला करने के पहले कोई भी हजार बार सोचे।’ हमने इस पर एक ईरानी अधिकारी से बात की। उनकी पहचान उजागर नहीं की जा सकती। अधिकारी ने बताया कि ईरान की सबसे बड़ी ताकत बैलेस्टिक मिसाइल हैं। हमारे पास मिसाइलों का जखीरा है। हम बड़े अटैक की तैयारी कर रहे हैं। इससे दुश्मन को चौंका देंगे। हमला कब होगा, ये वक्त बताएगा। फिलहाल हमारा टारगेट साफ है- अमेरिकी मिलिट्री बेस और इजराइल। बदला पूरा होने तक हम इन पर हमले करते रहेंगे। इजराइली राजदूत बोले- हमले के बाद भारत को बताया थाइजराइल ने सबसे पहले ईरान पर हमले किए थे। बाद में अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने हमले में शामिल होने की पुष्टि की। ये इजराइल का ईरान पर एक साल में दूसरा हमला है। इस बार हमला भारतीय प्रधानमंत्री मोदी के दौरे के ठीक बाद हुआ है। क्या PM मोदी या भारतीय विदेश मंत्रालय को हमले के बारे में बताया गया था, इजराइल में जंग को लेकर क्या माहौल है? हमने ये सवाल भारत में इजराइल के राजदूत रुवेन अजार से पूछे। सवाल: ईरान पर हमले का आखिरी मकसद क्या है?जवाब: सबसे पहले हम सामने दिख रहे खतरे ईरान के न्यूक्लियर प्रोग्राम को खत्म करना चाहते हैं। ईरान दशकों से मिलिट्री न्यूक्लियर प्रोग्राम चलाने की कोशिश कर रहा है। इसके अलावा बैलेस्टिक मिसाइल की ताकत बढ़ाने के लिए काम कर रहा है, ताकि इजराइल को खत्म कर सके। ईरान पूरे रीजन में अपने प्रॉक्सी ग्रुप को फंड, हथियार और टेक्नोलॉजी दे रहा है। ईरान 2027 तक इजराइल को खत्म करना की बात करता था। जून में हमने उस पर हमले किए थे। ईरान ने अब सहयोग करने से इनकार किया, तो हमने फिर से ऑपरेशन शुरू किया है। सवाल: अगर ईरान में सरकार बदलती है, तो ये कैसी सरकार होगी?जवाब: हमें नहीं पता कि ईरान में सत्ता बदलेगी या नहीं, लेकिन हम चाहते हैं कि ये जरूर हो। कुछ हफ्ते पहले ही मौजूदा सरकार ने अपने हजारों नागरिकों को मार दिया था। सवाल: ईरान पर हमला PM मोदी के इजराइल दौरे के ठीक बाद हुए हैं। क्या उन्हें हमले के बारे में बताया गया था?जवाब: भारत हमारी स्थिति अच्छी तरह जानता है। PM मोदी इजराइल में थे, तब हमें नहीं पता था कि ऑपरेशन होने वाला है। इसकी मंजूरी 28 फरवरी की सुबह दी गई। तब तक PM मोदी दौरा पूरा करके लौट चुके थे। इजराइल के विदेश मंत्री ने भारतीय विदेश मंत्री जयशंकर को फोन करके बात की थी। सवाल: विदेश मंत्री जयशंकर ने क्या कहा?जवाब: भारत ने अपनी स्थिति पर खुलकर बात की। भारत बातचीत और स्थिरता चाहता है। हमने कई साल ईरान से डिप्लोमेसी के तहत बातचीत की कोशिश की है। अमेरिका ने महसूस किया कि ईरान डिप्लोमेसी के जरिए वक्त बिता रहा है और शर्तें मानने के लिए तैयार नहीं है। सवाल: इस वक्त इजराइल में कैसा माहौल है?जवाब: इजराइल खुद को सुरक्षित रखना चाहता है। इजराइल पर बैलेस्टिक मिसाइल और ड्रोन से लगातार हमले हो रहे हैं। कई लोग खामेनेई की मौत पर खुशी मना रहे हैं, क्योंकि ईरान का सुप्रीम लीडर इजराइल पर हमले के ऑर्डर देता था, इजराइल के लोगों को मारता था, अब वो नहीं है। हमने ईरान में भी जश्न की फोटो देखी हैं। मुझे लगता है कि ईरान के लोग इस मौके के जरिए सत्ता बदलेंगे। ईरान का जवाबी हमला, अमेरिका के तीन सैनिकों की मौतइजराइल और अमेरिका ने ईरान की राजधानी तेहरान समेत 10 बड़े शहरों को निशाना बनाया। हमलों से अब तक 200 से ज्यादा लोगों की मौत हो चुकी है। एक स्कूल पर मिसाइल गिरने से 148 लड़कियों की मौत हो गई। इसके जवाब में ईरान ने अमेरिका के सहयोगी 9 देशों पर हमले किए हैं। पेंटागन ने 1 मार्च को बताया कि ईरान पर हमले के दौरान तीन अमेरिकी सैनिकों की मौत हुई है। 5 सैनिक घायल हैं। 28 फरवरी को शुरू हुई जंग के बाद पहली बार अमेरिकी सैनिकों के मरने की रिपोर्ट आई है। उधर, ईरान की रिवोल्यूशनरी गार्ड ने दावा किया कि सेना ने अमेरिका के एयरक्राफ्ट कैरियर USS अब्राहम लिंकन पर चार बैलिस्टिक मिसाइलें दागी हैं। हालांकि, अमेरिका ने इस दावे को खारिज कर दिया। एक अमेरिकी अधिकारी ने अल जजीरा से कहा कि ईरानी मिसाइल विमानवाहक पोत तक नहीं पहुंची। जहाज को कोई नुकसान नहीं हुआ है। इस बीच ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेश्कियान ने स्टेट टीवी पर वीडियो मैसेज जारी किया है। उन्होंने सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई की मौत पर दुख जताया। साथ ही कहा कि अंतरिम लीडरशिप काउंसिल ने काम शुरू कर दिया है। पेजेश्कियान भी तीन सदस्यों वाली अंतरिम समिति में हैं। ईरान के पूर्व राष्ट्रपति अहमदीनेजाद की मौतईरान की लेबर न्यूज एजेंसी ने पूर्व राष्ट्रपति महमूद अहमदीनेजाद की मौत का दावा किया है। उनकी मौत एक मार्च को एयरस्ट्राइक में हुई। एजेंसी ने दावा किया कि इजराइल-अमेरिका की संयुक्त एयरस्ट्राइक में तेहरान के उत्तर-पूर्वी इलाके नारनाक में उनके घर को निशाना बनाया गया। अहमदीनेजाद 2005 से 2013 तक ईरान के राष्ट्रपति रहे थे। ईरान के हमलों से UAE में 3 की मौत, एक भारतीय भी घायलसंयुक्त अरब अमीरात (UAE) में ईरान के हमलों में तीन लोगों की मौत हो गई है। इनमें पाकिस्तान, नेपाल और बांग्लादेश के नागरिक हैं। एक भारतीय समेत 58 लोग घायल भी हैं। ईरान ने UAE की ओर 165 बैलिस्टिक मिसाइलें दागीं, जिनमें से 152 को एयर डिफेंस सिस्टम ने खत्म कर दिया और 13 समुद्र में गिरीं। इसके अलावा 541 ड्रोन लॉन्च किए गए, जिनमें से 506 इंटरसेप्ट किए गए, जबकि 35 देश की सीमा के भीतर गिरे। ………………..ईरान जंग पर ये खबर भी पढ़ेंट्रम्प बोले- ईरान के 48 नेता एक झटके में खत्म, 9 जहाज डुबोए इजराइल और अमेरिका ने ईरान पर लगातार दूसरे दिन हमला किया। हमले में ईरानी इस्लामिक रेवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स के हेडक्वार्टर को निशाना बनाया गया। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने कहा कि इन हमलों में 48 ईरानी नेता मारे गए हैं। अमेरिका ने ईरान के 9 जहाज डुबो दिए हैं। पढ़ें पूरी खबर...
सरकार गिराने वाले Gen Z लीडर चुनाव से गायब:बोले- हम भारत विरोधी नहीं, जरूरत पड़ी तो फिर आंदोलन करेंगे
‘अगर चुनाव बाद देश को फिर से बदलाव की जरूरत पड़ी, तो हम किसी भी वक्त, किसी भी जगह फिर आंदोलन के लिए तैयार हैं। कुछ लोग एंटी-इंडिया प्रचार की कोशिश करते हैं, लेकिन हम असल Gen Z लीडर भारत को लेकर कोई नेगेटिव सेंटिमेंट नहीं रखते हैं।‘ नेपाल में हुए Gen Z प्रोटेस्ट के बड़े चेहरों में से एक टंका धामी आने वाले चुनाव को लेकर उत्साहित हैं। वे मानते हैं कि प्रोटेस्ट ने चुनाव में पॉलिटिकल पार्टियों की प्राथमिकताएं बदल दी हैं। हालांकि एक और Gen Z लीडर तनुजा पांडे की राय इससे अलग है। वे कहती हैं, ‘सियासी दलों ने हमारे आंदोलन का जरूरत पड़ने पर इस्तेमाल किया और फिर नजरअंदाज कर दिया।‘ नेपाल में बीते साल 8-9 सितंबर को Gen Z प्रोटेस्ट हुए। इसके बाद अब पहली बार 5 मार्च को चुनाव हो रहे हैं। इस चुनाव में Gen Z आंदोलन से निकले लीडर्स कहां हैं? भारत को लेकर नेपाल का Gen Z क्या सोचता है और नई सरकार से उनकी क्या उम्मीदे हैं। ये जानने के लिए हमने काठमांडू में Gen Z प्रोटेस्ट के बड़े लीडर्स और आम लोगों से बात की। सड़कों से लेकर रैलियों तक Gen Z का जिक्रसितंबर से नेपाल में सुशीला कार्की के नेतृत्व में अंतरिम सरकार चल रही है। चुनाव भले चरम पर हैं लेकिन काठमांडू की सड़कें भारत की तरह बैनर पोस्टर से पटी नजर नहीं आतीं। सड़क किनारे चुनावी सभाएं जरूर होती दिख जाती हैं। Gen Z प्रोटेस्ट के वक्त संसद, सुप्रीम कोर्ट से लेकर कई सरकारी भवनों में आगजनी की गई थी। दीवारों पर उनके निशान अब भी हैं। नुक्कड़ों से लेकर चुनावी सभाओं में एक जिक्र बार-बार आता है, वो है Gen Z का। इससे समझ आता है कि Gen Z प्रोटेस्ट के बाद हो रहे पहले चुनाव पर किन मुद्दों का असर रहने वाला है। हमने Gen Z लीडर टंका (पंकज) धामी से इसे और समझने की कोशिश की। टंका फिलहाल नेपाली कम्युनिस्ट पार्टी में सेंट्रल कमेटी मेंबर के तौर पर एक्टिव हैं। हमने पूछा कि इस चुनाव में Gen Z प्रोटेस्ट के बड़े चेहरे कहां हैं? इस पर वे बताते हैं, 'प्रोटेस्ट के दौरान जो साथी जुड़े थे, वे अब अलग-अलग पॉलिटिकल पार्टियों में हैं। जिनसे उनके विचार मिलते हैं, वे उनके साथ जुड़ गए।' 'प्रोटेस्ट के जरिए हमने देश की सियासी सोच बदलने की कोशिश की थी। बदलाव एक दिन में नहीं आता, उसके लिए समय और सियासी समझ दोनों चाहिए। हम किसी को राजनीति से दूर नहीं रखना चाहते। हर व्यक्ति को राजनीति में हिस्सा लेने का अधिकार है। इसलिए हमने तय किया कि हममें से कुछ लोग नेपाली कम्युनिस्ट पार्टी के साथ मिलकर काम करेंगे।’ टंका धामी दावा करते हैं कि अब सभी पार्टियां करप्शन और युवाओं से जुड़े मुद्दों को लेकर ज्यादा सजग दिख रही हैं। वे युवाओं का नजरिया समझने की कोशिश कर रही हैं। बालेन शाह के सपोर्ट में नहीं Gen Z लीडर्सटंका धामी नई सरकार से उम्मीद करते हैं कि वे युवाओं को नेतृत्व में शामिल करे और करप्शन खत्म करे। वे कहते हैं, 'अगर जमीनी हकीकत देखी जाए तो नेपाली कम्युनिस्ट पार्टी को समर्थन मिल रहा है। हमें उम्मीद है कि हमारे नेता देश को आगे बढ़ाने की पहल करेंगे। जहां तक बालेन शाह और राष्ट्रीय स्वतंत्र पार्टी का सवाल है, हमें उनके एजेंडे और डेवलपमेंट के प्लान पर संदेह है। देश को आगे कैसे बढ़ाया जाएगा, हमें इसका क्लियर रोपमैप चाहिए, जो उनके पास नजर नहीं आता।' टंका धामी Gen Z के बीच भारत विरोधी सेंटीमेंट के दावों को गलत बताते हैं। वे कहते हैं, 'भारत के साथ हमारा सनातन काल से गहरा रिश्ता रहा है। हम चाहते हैं कि भारत, नेपाल के विकास और तरक्की में सहयोग करे। कुछ लोग एंटी-इंडिया प्रचार की कोशिश करते हैं, लेकिन हम भारत को लेकर कोई ऐसा सेंटीमेंट नहीं रखते। हम दोनों देशों के बीच मजबूत रिश्ते चाहते हैं।‘ Gen Z को एक बार फिर कम टिकट मिले हमने टंका धामी की तरह ही Gen Z प्रोटेस्ट के बड़े चेहरों में से एक तनुजा पांडे से भी बात की। वे फिलहाल किसी पार्टी से नहीं जुड़ी हैं। तनुजा कहती हैं कि आंदोलन से जुड़े बहुत कम लीडर्स इस बार चुनाव लड़ रहे हैं। हालांकि वे प्रोटेस्ट से निकले लोगों की राजनीति में हिस्सेदारी देखना चाहती हैं। तनुजा आरोप लगाते हुए कहती हैं, ‘नई पीढ़ी को राजनीति में उसका हिस्सा नहीं मिला है। पॉलिटिकल पार्टियों ने जरूरत पड़ने पर हमारे आंदोलन का इस्तेमाल किया और फिर नजरअंदाज कर दिया, जो बेहद निराशाजनक है।‘ ‘संसाधनों के लिहाज से नेपाल में चुनाव लड़ना आसान नहीं है। हमारा इरादा कभी राजनीतिक पार्टी जॉइन करना नहीं था, बल्कि मौजूदा पार्टियों में सुधार लाना था। आज उन्हीं पार्टियों के भीतर युवा कार्यकर्ता अपने नेताओं से जवाब मांग रहे हैं।’ चुनावों को कैसे देख रहे Gen Z लीडर्स?चुनाव को लेकर तनुजा कहती हैं, ‘नेपाल इस समय ट्रांजीशन फेज में है। चुनाव में सिर्फ चंद दिन बाकी हैं और देश में मिली-जुली भावना है। कुछ लोग राजनीति में आई नई ताकतों से उम्मीद कर रहे हैं। जबकि कुछ पुरानी लीडरशिप की वापसी से डर रहे हैं।‘ वे सभी दलों पर आरोप लगाती हुए कहती हैं, ‘किसी भी पॉलिटिकल पार्टी ने 8 और 9 सितंबर की घटनाओं की जांच रिपोर्ट सार्वजनिक करने की स्पष्ट मांग नहीं की है। हमें चुनाव चाहिए क्योंकि लोकतंत्र में इसका कोई विकल्प नहीं है लेकिन कई सवालों के जवाब हमें अब तक नहीं मिले हैं। ये जाने बिना वोटिंग करना दुविधा भरा है कि 8 और 9 सितंबर को क्या हुआ, किसने हमारे दोस्तों की हत्या की और किसने आगजनी।’ क्या Gen Z आंदोलन के मुद्दे चुनाव में दिख रहे? इस पर तनुजा कहती हैं, ’Gen Z के उठाए मुद्दे पार्टियों के चुनावी घोषणापत्रों में जरूर हैं लेकिन उनके इरादों में नहीं हैं।’ हालांकि वे ये भी मानती हैं कि करप्शन एक गंभीर मुद्दा है, जो सिस्टम का हिस्सा बन चुका है। इसलिए इसे खत्म करने में वक्त लगेगा। वे आगे कहती हैं, ’अभी जो संकेत दिख रहे हैं, वे बहुत उत्साह नहीं देते। क्योंकि कई पुराने करप्ट लोग फिर चुनाव लड़ रहे हैं। अगर वे संसद में लौटे तो लोकतंत्र के नाते हमें नतीजे स्वीकारने होंगे, लेकिन जिन ताकतों के खिलाफ हमने आंदोलन किया, उन्हें फिर स्वीकार करना हमारे लिए मुश्किल होगा।’ Gen Z भारत विरोधी नहीं, चीन से भी दोस्ती जरूरीइस चुनाव को तनुजा विदेश नीति के लिहाज से भी जरूरी मानती हैं। वे कहती हैं, ‘नेपाल जियोपॉलिटिक्स के लिहाज से अहम है। उसमें भारत और चीन जैसे पड़ोसियों की दिलचस्पी स्वाभाविक है। ये हमारी लीडरशिप पर निर्भर करता है कि वो इसे देश हित में कैसे इस्तेमाल करती है।’ हाल के दिनों में सामने आए कुछ नेताओं के भारत विरोधी बयानों को तनुजा गलत बताती हैं। वे कहती हैं, ‘हमारी विदेश नीति गुटनिरपेक्षता पर आधारित है और हमें उसी पर कायम रहना चाहिए। अल्ट्रा-नेशनलिज्म हमें कहीं नहीं ले जाएगा। नेताओं को पड़ोसियों के बारे में भड़काऊ बातें करने के बजाय उनसे बातचीत करनी चाहिए। हम भारत और चीन दोनों से अच्छे रिश्ते चाहते हैं।’ आंदोलन के वक्त बालेन शाह हीरो, अब सपोर्ट क्यों नहीं?Gen Z प्रोटेस्ट के वक्त बालेन शाह का नाम सबसे ज्यादा चर्चा में रहा था। रैपर से राजनेता बने बालेन की राष्ट्रीय स्वतंत्र पार्टी को Gen Z का फेवरेट माना जा रहा था। हालांकि तनुजा इससे इत्तेफाक नहीं रखतीं। वे मानती हैं कि बालेन शाह वादे करते हैं, लेकिन काम में कच्चे हैं। वे बालेन को Gen Z के सपोर्ट करने के दावे को गलत बताती हैं। Gen Z के क्या मुद्दे, किसका सपोर्ट कर रहे? 24 साल की मोनिका स्टूडेंट हैं। वे चाहती हैं कि अब देश में एक स्थिर सरकार बने। करप्शन रुके और सबको रोजगार मिले। वे बालेन शाह का समर्थन करती हैं। मोनिका कहती हैं, ‘जो प्रोटेस्ट हुआ था, उसका असर इस चुनाव में जरूर दिखेगा। ये चुनाव बदलाव के लिए ही हो रहा है और हमें उम्मीद है कि अब बदलाव होगा। हमें बालेन शाह जैसा नया लीडर चाहिए। हम चाहते हैं कि लोग घंटी (बालेन शाह की राष्ट्रीय स्वतंत्र पार्टी का चुनाव चिन्ह) को वोट दें।‘ 25 साल की स्टूडेंट दीपा खड़का भी करप्शन को बड़ा मुद्दा मानती हैं। वे कहती हैं, ‘प्रोटेस्ट के बाद हमें उम्मीद है कि हालात पहले से बेहतर होंगे। जो कुछ हुआ, वो करप्शन की वजह से हुआ इसलिए अब इसका अंत होना चाहिए। हमें उसी बदलाव की उम्मीद है।‘ पहली बार वोट डालने जा रहे Gen Z क्या बोले? 5 मार्च को होने वाले चुनाव में 8 लाख नए वोटर भी हैं। इन फर्स्ट टाइम Gen Z वोटर्स पर सभी पार्टियों की नजर है। इनमें से एक 21 साल के अपशन चंद महेंद्रनगर के कंचनपुर में रहते हैं। वे काठमांडू में रहकर पढ़ाई कर रहे हैं। अपशन मानते हैं कि आने वाला चुनाव काफी क्रांतिकारी साबित हो सकता है। करप्शन और बेरोजगारी जैसे मुद्दों के सवाल पर अपशन हताशा जताते हैं। वे कहते हैं, ‘मुझे नहीं लगता कि अचानक कोई बड़ा बदलाव दिखेगा, क्योंकि करप्शन नीचे से लेकर ऊपर तक है। अगर सरकार बदलती है और युवाओं को लीडरशिप का मौका मिलता है, तो उम्मीद है कि एक-दो साल में कुछ बदलाव दिखे।‘ बेरोजगारी के मुद्दे पर वे आगे कहते हैं, ‘स्थिति गंभीर है। नेपाल एक अंडर-डेवलपिंग देश है। यहां 30% से ज्यादा युवा नौकरी के लिए विदेश जा रहे हैं। मुझे उम्मीद है कि नई सरकार नई नीतियां लाएगी और जॉब के मौके बढ़ाने के लिए काम करेगी। हालांकि तुरंत बदलाव मुश्किल है, इसमें वक्त लगेगा।‘ चुनाव में अपशन नए चेहरों को सपोर्ट करने की बात करते हैं। वे मानते हैं कि देश की बागडोर अब नए और युवा लीडर्स के हाथ में होनी चाहिए। सिर्फ प्रधानमंत्री या राष्ट्रपति ही नहीं, बल्कि लोकल लेवल से उभरने वाले युवा लीडर्स भी देश के डेवलपमेंट में बड़ा रोल अदा कर सकते हैं। Gen Z बदलाव के लिए कुछ भी करने को तैयार अपशन की तरह ही 21 साल के पिसभत्ता भी फर्स्ट टाइम वोटर हैं। वे काठमांडू यूनिवर्सिटी में पढ़ाई कर रहे हैं। पिसभत्ता प्रोटेस्ट को याद कर दुखी हो जाते हैं। वे बताते हैं, ‘मैं प्रोटेस्ट के दिन एग्जाम देने गया था। एग्जाम खत्म होने पर खबर मिली कि इसमें कई लोग मारे गए। सुनकर बहुत बुरा लगा। ऐसा लगा कि करप्शन के खिलाफ आवाज उठाने वाले युवाओं को इसकी कीमत जान देकर चुकानी पड़ी।‘ पिसभत्ता मानते हैं कि प्रोटेस्ट का चुनाव पर असर जरूर पड़ेगा। पहले बहुत लोग बार-बार एक ही पार्टी को वोट देते थे, लेकिन अब वो वोट देने पहले एक बार जरूर सोचेंगे और शायद दूसरी पार्टी को भी मौका देंगे। आने वाले चुनावों से पिसभत्ता को बड़े बदलाव की उम्मीद है। वे कहते हैं, ‘एक युवा के तौर पर मेरी उम्मीद है कि देश में बेहतर डेवलपमेंट हो, करप्शन खत्म हो और सरकार में बदलाव आए। पहले एक ही पार्टी की सरकार बार-बार आती रही इसलिए उस तरह का बदलाव नहीं दिखा और करप्शन बना रहा। अबकी बदलाव होना चाहिए, इसलिए मैं नई सरकार का समर्थन कर रहा हूं।‘ ‘दोबारा प्रोटेस्ट करने की जरूरत पड़ी तो हम उसके लिए भी तैयार हैं। युवाओं में ऊर्जा की कमी नहीं है, बदलाव और रिफॉर्म के लिए हम सब कुछ करेंगे।‘…………………..ये खबर भी पढ़ें… नेपाल में पत्नी की मौत, पति ने मांगे 100 करोड़ 8 सितंबर 2025, नेपाल में सरकार के खिलाफ जेन जी प्रोटेस्ट शुरू हुआ। अगले ही दिन प्रोटेस्ट हिंसक हो गया। सरकारी इमारतें, होटल और दुकानें प्रदर्शनकारियों के निशाने पर आ गए। राजधानी काठमांडू में होटल हयात रीजेंसी को भी निशाना बनाया गया। चारों तरफ गोलियों की आवाज और आग की लपटें थीं। इसी होटल में भारत के गाजियाबाद से आए रामबीर सिंह गोला और उनकी पत्नी राजेश देवी रुके थे। पढ़िए पूरी खबर…
शतक चूके संजू सैमसन लेकिन टीम को अकेले दम पर दिलाया सेमीफाइनल का टिकट
97 रनों की नाबाद पारी खेलकर संजू सैमसन ने अकेले दम पर भारत को टी-20 विश्वकप के सेमीफाइनल में पहुंचा दिया। भारत ने वेस्टइंडीज को क्वार्टरफाइनल जैसे मुकाबले में 5 विकेट से हरा दिया और जीत के लिए जरूरी 196 रन 4 गेंद पहले बना लिए। संजू सैमसन ने अपनी 50 गेंदो में 97 रनों की पारी में 12 चौके और 4 छक्के लगाए। हालांकि संजू सैमसन का भी हालिया फॉर्म कुछ खास नहीं रहा था। अपनी निर्भीक बल्लेबाजी के लिए मशहूर सैमसन न्यूजीलैंड श्रृंखला में रन बनाने के लिए जूझ रहे थे। उनकी फॉर्म के बजाय उनकी तकनीकी कमजोरी चिंता का विषय है जिससे उनका आत्मविश्वास भी डगमगा गया है। Dinesh karthik just dropped an Indian version of messi wc final moment for Sanju samson pic.twitter.com/EhcHoiYo9P — Garv (@mohalimonster) March 1, 2026 भारत के लिए 58 टी20 मैचों में 23 की औसत और 148 के स्ट्राइक रेट से 1100 रन बनाए हैं जिसमें तीन शतक भी शामिल हैं। सैमसन ने भारत के लिए अपना पहला टी20 एक दशक पहले यानी 2015 में ही खेल लिया था, लेकिन उनकी अनिरंतरता उनका स्थान पक्का नहीं कर पा रही थी। एशिया कप से पहले पिछली 10 टी20 पारियों में उनका प्रदर्शन अद्भुत रहा था, सैमसन ने इस दौरान 42 की औसत और 188.05 के बेमिसाल स्ट्राइक रेट से 378 रन बनाए थे।लेकिन एशिया कप में उपकप्तान शुभमन गिल को सलामी बल्लेबाज के तौर पर खिलाने के चलते उनको काफी नीचे बल्लेबाजी करनी पड़ी। इसका नतीजा यह हुआ कि वह अपना नैसर्गिक खेल नहीं खेल पाए और पूरे एशिया कप में सिर्फ 132 रन ही बना पाए। इसमें से ओमान के खिलाफ संजू सैमसन ने एक पचास जड़ा लेकिन इसका स्ट्राइक रेट प्रभावी नहीं था। उनके टी20 के करीब 43 फ़ीसदी रन पिछली 20 पारियों में ही आए हैं और टी20 के सभी शतक भी इसी दौरान आए हैं। सैमसन के इन तीन शतकों में दो दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ उन्हीं के घर में आए थे जबकि एक बांग्लादेश के खिलाफ हैदराबाद में आया था।
ईरान-अमेरिका महासंग्राम: क्या डूब जाएगा USS अब्राहम लिंकन?
खामेनेई की मौत के बाद ईरान का भीषण मिसाइल हमला! बहरीन, यूएई और इजरायल पर बरसीं मिसाइलें। पीएम मोदी ने बुलाई सीसीएस बैठक। मध्य पूर्व में महायुद्ध शुरू।
जिसे साला मानकर घर में बिठाया, वही निकला पत्नी का प्रेमी... इंदौर में वकील को ही लगाया लाखों का चूना
इंदौर में एक वकील के साथ हुई रोंगटे खड़े कर देने वाली धोखाधड़ी; पत्नी ने अपने प्रेमी को 'सगा भाई' बताकर घर में रखा और फिर प्रेमी के साथ मिलकर लाखों के जेवरात और नकदी लेकर फरार हो गई। शिलांग यात्रा के दौरान जहर देकर हत्या की कोशिश का भी आरोप। पुलिस ने FIR दर्ज कर शुरू की जांच। पढ़िए रिश्तों के कत्ल और फिल्मी अंदाज में हुई इस बड़ी साजिश की पूरी कहानी।
इजराइल के बेत शेमेश में ईरानी मिसाइल हमले में 9 लोगों की मौत
यरूशलम। इजराइल के बेत शेमेश में ईरानी बैलिस्टिक मिसाइल हमले में नौ लोगों की मौत हो गई है। ईरानी मिसाइल शहर के एक आवासीय क्षेत्र में गिरी, जिससे एक सिनेगॉग (यहूदी उपासना स्थल) नष्ट हो गया और एक आसपास के घरों को व्यापक नुकसान हुआ। बेत शेमेश के मेयर शमूएल ग्रीनबर्ग का कहना है कि […] The post इजराइल के बेत शेमेश में ईरानी मिसाइल हमले में 9 लोगों की मौत appeared first on Sabguru News .
बिहार के वैशाली में शौचालय टंकी में उतरे 4 लोगों की दम घुटने से मौत
हाजीपुर। बिहार में वैशाली जिले के सराय थाना क्षेत्र के अनवरपुर गांव में शौचालय टंकी में उतरे एक ही परिवार के चार लोगों की मौत दम घुटने से हो गई है। बताया जा रहा है कि शौचालय टंकी के सोखता में एक व्यक्ति के गिरने के बाद उसे बचाने के प्रयास में पिता-पुत्र समेत अन्य […] The post बिहार के वैशाली में शौचालय टंकी में उतरे 4 लोगों की दम घुटने से मौत appeared first on Sabguru News .
रांची में देह व्यापार का भंडाफोड़, कई लड़कियां और ग्राहक अरेस्ट
रांची। झारखंड की राजधानी रांची में पुलिस ने आज बड़ी कार्रवाई करते हुए लालपुर, चुटिया सहित कई थाना क्षेत्र में एक साथ छापेमारी कर देह व्यापार में संलिप्त कई लड़कियों और ग्राहकों को गिरफ्तार किया है। रांची के सिटी एसपी पारस राणा ने आज बताया कि रैकेट की सूचना पर राजधानी के विभिन्न थाना क्षेत्र […] The post रांची में देह व्यापार का भंडाफोड़, कई लड़कियां और ग्राहक अरेस्ट appeared first on Sabguru News .
ममता बनर्जी के गढ़ भवानीपुर में भाजपा ने स्थापित किया वार रूम
कोलकाता। पश्चिम बंगाल में होने वाले विधानसभा चुनावों के मद्देनजर भारतीय जनता पार्टी ने मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के क्षेत्र भवानीपुर पर अपना विशेष ध्यान केंद्रित किया है ताकि उनके गढ़ में उन्हें कड़ी चुनौती दी जा सके। विधानसभा में विपक्ष के नेता सुवेंदु अधिकारी ने पार्टी के अभियान का नेतृत्व करने के लिए इस निर्वाचन […] The post ममता बनर्जी के गढ़ भवानीपुर में भाजपा ने स्थापित किया वार रूम appeared first on Sabguru News .
कूचबिहार के कारखाने में करंट लगने से 5 मजदूरों की मौत
कोलकाता। पश्चिम बंगाल के कूचबिहार जिले में एक पत्थर काटने की इकाई में 11,000 वोल्ट के बिजली के तार की चपेट में आने से रविवार को पांच मजदूरों की मौत हो गई। इस दर्दनाक हादसे के बाद दिनहाटा थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले इलाके में दहशत और तनाव फैल गया, जिसके बाद पुलिस और […] The post कूचबिहार के कारखाने में करंट लगने से 5 मजदूरों की मौत appeared first on Sabguru News .
इटावा में देह कारोबार के शक में होटल पर छापा, एक दर्जन पकड़े
इटावा। उत्तर प्रदेश में इटावा जिले के इकदिल के होटल राज पैलेस में पुलिस ने छापा मारकर देह व्यापार के संदेह में होटल मैनेजर समेत एक दर्जन के आसपास युवक-युवतियों को पकड़ा है। पुलिस क्षेत्राधिकारी नगर अभय नारायण राय ने रविवार को बताया कि स्थानीय नागरिकों ने होटल में अवैध कारोबार की शिकायत की जिसकी […] The post इटावा में देह कारोबार के शक में होटल पर छापा, एक दर्जन पकड़े appeared first on Sabguru News .
भिवानी में नाबालिग बच्चे से कुकर्म करने के आरोपी को उम्रकैद
भिवानी। हरियाणा में भिवानी जिले के थाना सदर क्षेत्र की रहने वाले एक नबालिग बच्चे से कुकर्म करने के आरोपी को न्यायालय ने उम्रकैद की सजा सुनाई है। नाबालिग बच्चे की मां ने थाना सदर भिवानी में शिकायत दर्ज करवाई थी कि आरोपी ने उसके नाबालिग बेटे का अपहरण कर उसे खेत में बने एक […] The post भिवानी में नाबालिग बच्चे से कुकर्म करने के आरोपी को उम्रकैद appeared first on Sabguru News .
पुष्कर में 8 मार्च से होगा 43 दिवसीय शत गायत्री पुरश्चरण महायज्ञ
अजमेर। राजस्थान के अजमेर में विश्व प्रसिद्ध तीर्थगुरु पुष्करराज की पावन धरा पर आगामी आठ मार्च से 19 अप्रैल तक 43 दिवसीय शत गायत्री पुरश्चरण महायज्ञ का भव्य और ऐतिहासिक आयोजन किया जायेगा जिसमें देशभर के लाखों श्रद्धालु भाग लेंगे। शत गायत्री पुरश्चरण महायज्ञ समिति के मुख्य संयोजक सुशील ओझा एवं अध्यक्ष राधेश्याम गुरुजी ने […] The post पुष्कर में 8 मार्च से होगा 43 दिवसीय शत गायत्री पुरश्चरण महायज्ञ appeared first on Sabguru News .
अजमेर : 12वें चेटीचण्ड पखवाडा महोत्सव 2026 की प्रचार सामग्री का विमोचन
अजमेर। पूज्य झूलेलाल जयंती समारोह समिति की ओर से चेटीचण्ड 2026 के अवसर पर आयोजित होने वाले 12वें पखवाड़ा महोत्सव की प्रचार सामग्री का विमोचन स्वामी कॉम्पलेक्स के रसोई बैक्विंट हॉल में अध्यक्ष कवंलप्रकाश किशनानी की अध्यक्षता में पखवाडे में सम्मिलित शहर की क्षेत्रीय पंचायतों, संस्थाओं, शैक्षणिक व व्यापारिक संगठनों के पदाधिकारियों की उपस्थिति में […] The post अजमेर : 12वें चेटीचण्ड पखवाडा महोत्सव 2026 की प्रचार सामग्री का विमोचन appeared first on Sabguru News .
अलवर में अशोक लीलैंड फैक्ट्री में आग से लाखों का नुकसान
अलवर। राजस्थान में अलवर के उद्योग नगर थाना क्षेत्र में शनिवार को अशोक लीलेंड फैक्ट्री में आग लगने से लाखों रुपये का नुकसान हो गया। प्राप्त जानकारी के अनुसार देर रात मत्स्य औद्योगिक क्षेत्र में स्थित इस फैक्ट्री में गेट नंबर दो पर आग लगी, जहां वाहनों पर रंग-पेंट का कार्य किया जाता है। आग […] The post अलवर में अशोक लीलैंड फैक्ट्री में आग से लाखों का नुकसान appeared first on Sabguru News .
कराची में अमरीकी वाणिज्य दूतावास पर हमला : 6 प्रदर्शनकारियों की मौत, 12 घायल
कराची। पाकिस्तान के प्रमुख बंदरगाह शहर कराची में भारी सुरक्षा वाले अमरीकी वाणिज्य दूतावास पर प्रदर्शनकारियों के धावा बोलने के बाद छह प्रदर्शनकारी मारे गये हैं और 12 घायल हो गए हैं। स्थानीय आपातकालीन कर्मियों के अनुसार यह स्पष्ट नहीं है कि इन प्रदर्शनकारियों की मौत कैसे हुई है। कराची के पुलिस प्रवक्ता रेहान अली […] The post कराची में अमरीकी वाणिज्य दूतावास पर हमला : 6 प्रदर्शनकारियों की मौत, 12 घायल appeared first on Sabguru News .
अयातुल्ला अली खामेनेई की मौत के बाद उत्तर प्रदेश में हाई अलर्ट
लखनऊ। ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई की मौत के बाद अलग-अलग जिलों में हो रहे प्रदर्शन को देखते उत्तर प्रदेश में हाई अलर्ट घोषित कर दिया गया है। इस्राइल के हमले और खाड़ी क्षेत्र में बने तनावपूर्ण हालात को देखते हुए राज्य सरकार ने सभी जिलों को विशेष सतर्कता बरतने के निर्देश दिए […] The post अयातुल्ला अली खामेनेई की मौत के बाद उत्तर प्रदेश में हाई अलर्ट appeared first on Sabguru News .
अयातुल्ला अली खामेनेई की मौत के बाद अमरीका में विरोध प्रदर्शन और जश्न
वाशिंगटन। अमरीकी और इजराइली हमलों में ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई की मौत के बाद अमरीकी शहरों में लोगों के समूह सड़कों पर उतर आए, जिनमें से कुछ ईरान पर हमलों का जश्न मना रहे थे जबकि अन्य इनके विरोध में प्रदर्शन कर रहे थे। गौरतलब है कि ईरानी सरकारी टेलीविजन ने रविवार […] The post अयातुल्ला अली खामेनेई की मौत के बाद अमरीका में विरोध प्रदर्शन और जश्न appeared first on Sabguru News .
अमरीका-इजराइल के हमले में ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई की मौत
तेहरान/वाशिंगटन। ईरान की राजधानी तेहरान पर शनिवार तड़के हुए अमेरिका-इजरायल के संयुक्त हमले में ईरान के सर्वोच्च नेता अली खामेनेई की मौत हो गयी। ईरानी मीडिया ने इसकी पुष्टि की है। ईरानी सरकारी मीडिया ने बताया कि खामेनेई की मौत उत्तरी तेहरान के इलाकों को निशाना बनाकर किए गए हमलों में हुई। अर्ध-सरकारी तसनीम समाचार […] The post अमरीका-इजराइल के हमले में ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई की मौत appeared first on Sabguru News .
02 March Birthday: आपको 2 मार्च, 2026 के लिए जन्मदिन की बधाई!
02 March Janmdin: आज का दिन आपके लिए खास है, और हम आपके व्यक्तित्व और भविष्य के बारे में कुछ खास बातें लेकर आए हैं। जन्मदिन की शुभकामनाओं के साथ आपका स्वागत है वेबदुनिया की विशेष प्रस्तुति में। यह कॉलम नियमित रूप से उन पाठकों के व्यक्तित्व और भविष्य के बारे में जानकारी देगा जिनका उस दिनांक को जन्मदिन होगा। पेश है दिनांक 2 तारीख को जन्मे व्यक्तियों के बारे में जानकारी। ALSO READ: Holi Numerology Horoscope: अपने मूलांक के अनुसार जानें किन रंगों से खेलें होली, (पढ़ें साप्ताहिक अंक राशिफल 2 से 8 मार्च 2026) आपका जन्मदिन: 2 मार्च दिनांक 2 को जन्मे व्यक्ति का मूलांक 2 होगा। मूलांक 2 के स्वामी चंद्रमा हैं, जो मन के कारक हैं। यही कारण है कि आप स्वभाव से अत्यधिक भावुक, कल्पनाशील और संवेदनशील होते हैं। दूसरों के दुख से प्रभावित होना आपकी सबसे बड़ी कमजोरी है, लेकिन यही आपकी सबसे बड़ी ताकत भी है। आप में करुणा और दया कूट-कूट कर भरी होती है। आप मानसिक रूप से मजबूत होते हुए भी, शारीरिक रूप से थोड़े कमजोर हो सकते हैं, इसलिए अपने स्वास्थ्य का ध्यान रखना आपके लिए बेहद जरूरी है। चंद्रमा के प्रभाव से, आपका स्वभाव भी उसकी कलाओं की तरह बदलता रहता है- कभी शांत, तो कभी थोड़ा बेचैन। लेकिन आप में अहंकार बिल्कुल भी नहीं होता, और यही आपकी सबसे प्यारी विशेषता है। यदि आप जल्दबाजी छोड़कर धैर्य से काम लें, तो जीवन में बड़ी सफलता हासिल कर सकते हैं। आपके लिए खास शुभ दिनांक: 2, 11, 20, 29 शुभ अंक: 2, 11, 20, 29, 56, 65, 92 शुभ वर्ष: 2027, 2029, 2036 ईष्टदेव: भगवान शिव, बटुक भैरव, चंद्रदेव शुभ रंग: सफेद, हल्का नीला, सिल्वर ग्रे आपकी जन्मतिथि के अनुसार भविष्यफल आज का दिन आपके लिए समझदारी और सावधानी से चलने का है। किसी भी नए काम की शुरुआत करने से पहले अनुभवी लोगों से सलाह लेना आपके लिए फायदेमंद रहेगा। करियर और व्यवसाय: व्यापार-व्यवसाय में स्थिति सामान्य रहेगी। कोई बड़ा जोखिम लेने से बचें। स्वास्थ्य: स्वास्थ्य को लेकर सावधान रहें। छोटी-मोटी परेशानियाँ हो सकती हैं, इसलिए अपनी दिनचर्या पर ध्यान दें। पारिवारिक जीवन: परिवार में कोई भी विवाद हो, तो उसे आपसी समझ से सुलझाएं। किसी बाहरी व्यक्ति को दखल देने का मौका न दें। ध्यान देने योग्य: कागज़ात से जुड़े मामलों में ख़ास सावधानी बरतें। बिना पढ़े किसी भी दस्तावेज़ पर हस्ताक्षर न करें। लेखन और बौद्धिक कार्यों से जुड़े लोगों को भी सतर्क रहना होगा। आज के दिन जन्में कुछ प्रसिद्ध व्यक्ति टाइगर श्रॉफ (Tiger Shroff): भगवान शिव के कट्टर हिंदू भक्त। जयंत तालुकदार (Jayanta Talukdar): असम के भारतीय तीरंदाज खिलाड़ी। अजमल अमीर (Ajmal Ameer): एक भारतीय अभिनेता, मलयालम, तमिल और तेलुगु भाषा की फिल्मों में कार्यरत। बसंत सिंह खालसा (Basant Singh Khalsa): लोकसभा सांसद, राजनीतिज्ञ। आपको इस खास दिन पर जीवन की सभी खुशियां मिलें। जन्मदिन की हार्दिक शुभकामनाएं! ALSO READ: भविष्यवाणी: ईरान-इजराइल युद्ध बनेगा विश्वयुद्ध की शुरुआत? भारत बनेगा महाशक्ति
Aaj ka panchang: आज का शुभ मुहूर्त: 2 मार्च 2026: सोमवार का पंचांग और शुभ समय
आज आपका दिन मंगलमय हो! Today Shubh Muhurat 02 March 2026: क्या आप आज कोई नया काम शुरू करने की सोच रहे हैं? या कोई महत्वपूर्ण निर्णय लेने वाले हैं? ज्योतिष और पंचांग के अनुसार, किसी भी शुभ कार्य को सही मुहूर्त में करने से सफलता की संभावना बढ़ जाती है। 'वेबदुनिया' आपके लिए लेकर आया है 02 मार्च, 2026 का विशेष पंचांग और शुभ-अशुभ मुहूर्त। ALSO READ: Holi Numerology Horoscope: अपने मूलांक के अनुसार जानें किन रंगों से खेलें होली, (पढ़ें साप्ताहिक अंक राशिफल 2 से 8 मार्च 2026) आइए जानें आज का दिन आपके लिए क्या लेकर आया है। आज का पंचांग: 2 मार्च 2026, सोमवार का शुभ मुहूर्त और राहुकाल हिंदू पंचांग के अनुसार, सोमवार का दिन भगवान शिव को समर्पित है। पंचांग विवरण दिनांक: 2 मार्च 2026 वार: सोमवार विक्रम संवत: 2082 (नल) शक संवत: 1947 माह: फाल्गुन (शुक्ल पक्ष) तिथि: चतुर्दशी पूर्णिमा (रात 08:20 तक, उसके बाद चैत्र कृष्ण प्रतिपदा) विशेष: आज होलाष्टक का अंतिम चरण है। कल फाल्गुन पूर्णिमा और होलिका दहन का उत्सव मनाया जाएगा। नक्षत्र और योग (Nakshatra & Yoga) नक्षत्र: अश्लेषा (शाम 07:35 तक, उसके बाद मघा) योग: शोभन (रात 11:40 तक, उसके बाद अतिगण्ड) करण: विष्टि/भद्रा (सुबह 07:45 तक), फिर बव आज का शुभ मुहूर्त (Auspicious Timings) अभिजीत मुहूर्त: दोपहर 12:11 से 12:56 तक (दैनिक कार्यों के लिए उत्तम) अमृत काल: शाम 05:50 से 07:35 तक ब्रह्म मुहूर्त: सुबह 05:07 से 05:57 तक विजय मुहूर्त: दोपहर 02:35 से 03:21 तक अशुभ समय और राहुकाल (Inauspicious Timings) राहुकाल: सुबह 08:15 से 09:40 तक (इस समय शुभ कार्य वर्जित हैं) यमगण्ड: सुबह 11:05 से 12:30 तक गुलिक काल: दोपहर 01:55 से 03:20 तक भद्रा: सुबह 06:47 से 07:45 तक। ALSO READ: Holi puja remedies 2026: होलिका दहन के दिन करें मात्र 5 उपाय, संपूर्ण वर्ष रहेगा शुभ
पश्चिम एशिया में छिड़े युद्ध के कारण टीमों की हवाई यात्रा पर हुआ ऐसा असर
आईसीसी ने कहा है कि वह पश्चिम एशिया में “बदलते हालात” पर नजर रख रहा है और 2026 टी20 वर्ल्ड कप में “ट्रैवल, लॉजिस्टिक्स और सभी स्टेकहोल्डर्स की भलाई को सुरक्षित रखने के लिए बड़े इमरजेंसी प्लान एक्टिवेट किए हैं।” शनिवार सुबह, अमेरिका और इज़राइल ने ईरान पर मिसाइल हमले किए, जिससे पश्चिम एशिया के कई देशों के ऊपर एयरस्पेस बंद हो गया, जिससे इस इलाके और इंटरनेशनल लेवल पर हवाई यात्रा में रुकावट आई, और कई एयरलाइनों को अपनी उड़ानें कैंसिल करनी पड़ीं या रूट बदलने पड़े। आईसीसी ने एक बयान में कहा, “हालांकि पश्चिम एशिया में संकट का टूर्नामेंट के आयोजन पर कोई सीधा असर नहीं है, लेकिन आईसीसी यह मानता है कि बड़ी संख्या में लोग – जिनमें खिलाड़ी, टीम मैनेजमेंट, मैच अधिकारी, ब्रॉडकास्ट टीम और इवेंट स्टाफ शामिल हैं – इवेंट में अपने कमिटमेंट पूरे करने के बाद अपने होम कंट्री में आगे की यात्रा के लिए गल्फ हब एयरपोर्ट, खासकर दुबई पर निर्भर हैं, जो मुख्य ट्रांजिट पॉइंट हैं।” “आईसीसी ट्रैवल और लॉजिस्टिक्स टीम यूरोपियन, साउथ एशियन और साउथ-ईस्ट एशियन हब के ज़रिए कनेक्शन सहित दूसरे रूटिंग ऑप्शन की पहचान करने और उन्हें सुरक्षित करने के लिए बड़े इंटरनेशनल कैरियर के साथ एक्टिव रूप से काम कर रही है। आईसीसी सिक्योरिटी कंसल्टेंट संबंधित अधिकारियों के साथ संपर्क में हैं और स्थिति के विकसित होने पर रियल-टाइम सलाह देंगे। एक डेडिकेटेड आईसीसी ट्रैवल सपोर्ट डेस्क भी एक्टिवेट कर दिया गया है।” 2026 टी20 वर्ल्ड कप अपने आखिरी स्टेज में है, रविवार को आखिरी सुपर आठ मैच होंगे, उसके बाद 4 और 5 मार्च को सेमीफाइनल और 8 मार्च को फाइनल होगा।
कुवैत में भीषण युद्ध के बीच फंसे बिहार के रोहित कुमार ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से युद्ध रुकवाने की भावुक अपील की है। दिलवा धक-धक करत है के संदेश के साथ वायरल हुए इस वीडियो ने खाड़ी देशों में फंसे लाखों भारतीयों की सुरक्षा पर सवाल खड़े कर दिए हैं। जानें कैसे मौत के साये में बैठा एक भारतीय मजदूर अब पीएम मोदी से शांति और जीवन की भीख मांग रहा है।
काशी विश्वनाथ के कपाट सूतक काल में रहेंगे बंद, श्रद्धालु नहीं आएं इस दौरान पूजा के लिए
Shri Kashi Vishwanath Temple : आगामी मंगलवार यानी 3 मार्च 2026 को ग्रस्तोदित चंद्र ग्रहण का विशेष खगोलीय योग बन रहा है। धर्मशास्त्रीय मान्यताओं के अनुसार चंद्र ग्रहण में सूतक काल प्रारंभ हो जाता है, जिसके दौरान मंदिरों में नियमित पूजन-अर्चन की व्यवस्था प्रभावित रहती है। इसी परंपरा का पालन करते हुए श्री काशी विश्वनाथ मंदिर के कपाट भी ग्रहण अवधि में कुछ समय के लिए बंद रखे जाएंगे। मंदिर प्रशासन द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार 3 मार्च को काशी में चंद्रोदय सायं 5:59 बजे होगा तथा ग्रहण मोक्ष सायं 6:47 बजे निर्धारित है। परंपरानुसार मंदिर का कपाट ग्रहण प्रारंभ होने से लगभग डेढ़ घंटे पूर्व बंद किया जाता है। इस क्रम में श्री काशी विश्वनाथ मंदिर के द्वार अपराह्न 4:30 बजे श्रद्धालुओं के लिए बंद कर दिए जाएंगे। इस अवधि में मंदिर परिसर में सामान्य दर्शन और पूजन की गतिविधियां स्थगित रहेंगी। ALSO READ: काशी में होली की अनोखी शुरुआत: मसान होली सहित जानिए 5 चौंकाने वाली परंपराएं ग्रहण मोक्ष के उपरांत शास्त्रोक्त विधि से उग्रह (मोक्ष) पूजन संपन्न कराया जाएगा। इसके बाद मंदिर परिसर का शुद्धिकरण तथा आवश्यक धार्मिक विधि-विधान पूरे किए जाएंगे। समस्त प्रक्रियाएं पूर्ण होने के पश्चात सायं 7:15 बजे के बाद मंदिर के कपाट पुनः श्रद्धालुओं के दर्शनार्थ खोल दिए जाएंगे। ALSO READ: योगी सरकार के प्रयास से सनातन का लौटा वैभव, युवाओं में बढ़ा काशी, मथुरा और अयोध्या का क्रेज मंदिर प्रशासन ने श्रद्धालुओं से अनुरोध किया है कि वे 3 मार्च को दर्शन की योजना बनाते समय इन समय-सारिणियों का विशेष ध्यान रखें। ग्रहण काल को आध्यात्मिक दृष्टि से अत्यंत महत्त्वपूर्ण माना जाता है। अतः अनेक भक्त इस समय जप, तप और ध्यान में संलग्न रहते हैं। परंपरा और आस्था के अनुरूप सभी व्यवस्थाएं सुनिश्चित की जा रही हैं, ताकि ग्रहण उपरांत श्रद्धालु सुव्यवस्थित ढंग से बाबा विश्वनाथ के दर्शन कर सकें। Edited By : Chetan Gour

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