एकदिवसीय और T-20I विश्वकप का बदला फॉर्मेट, इस टेबल से समझिए
कुछ दिन पहले मीडिया में छपी खबरों के अनुसार अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद एकदिवसीय विश्वकप के लिए सुपर 6 प्रणाली का क्रियान्वन करने वाला था जो कि साल 2003 की प्रणाली से मेल खाती थी। लेकिन अब ने ना केवल एकदिवसीय विश्वकप में सुपर 6 की जगह सुपर 7 चरण बल्कि टी-20 विश्वकप में सुपर 8 की जगह सुपर 10 चरण प्रणाली अपनाई है। इसे फैंस आसानी से इन दो टेबल से समझ सकते हैं। एकदिवसीय विश्वकप 2027 टूर्नामेंट के लिए 12वें से 14वें स्थान पर क्वालीफाई करने वाली टीम पहले सुपर सीरीज दौर खेलेंगी। इसमें सबसे अच्छा प्रदर्शन करने वाली टीम दूसरे चरण में पहुंचेगी जहां छह टीमों को दो समूहों में बांटा जाएगा।प्रत्येक ग्रुप की शीर्ष तीन टीम और दोनों ग्रुप में अगली सबसे बेहतर टीम Super-7 चरण के लिए क्वालीफाई करेंगी (पहले यहां Super-6 चरण होना था)। सुपर-7 चरण की चार सर्वश्रेष्ठ टीम सेमीफाइनल में पहुंचेंगी। NEW WORLD CUP FORMAT The ICC has approved a new format for the 14-team Men's ODI World Cup. A new 'Super Series' round will precede the group stage, before a seven-team 'Super 7' decides the semifinalists. pic.twitter.com/N3sS2nUXm2 — Cricbuzz (@cricbuzz) July 15, 2026 इस टूर्नामेंट में 10 टीम सीधे क्वालीफाई करेंगी। तीन मेजबान देशों में से दक्षिण अफ्रीका और जिम्बाब्वे पूर्ण सदस्य देश होने के कारण अपने आप क्वालीफाई करेंगे। तीसरा मेजबान देश नामीबिया एसोसिएट सदस्य होने के कारण सीधे क्वालीफाई नहीं कर पाएगा।वनडे रैंकिंग की शीर्ष आठ टीमें बाकी 10 स्थानों को पूरा करेंगी। बची हुई चार टीम का फैसला वैश्विक क्वालीफायर के जरिए होगा। T20I विश्व कप 2028 ऑस्ट्रेलिया और न्यूजीलैंड में 2028 में होने वाले टी20 विश्व कप में ग्रुप चरण के बाद अब सुपर-8 की जगह सुपर-10 चरण होगा।टूर्नामेंट में चार-चार टीम के पांच ग्रुप बनाए जाएंगे। प्रत्येक ग्रुप की शीर्ष दो टीम सुपर-10 में पहुंचेंगी। पिछले चरण में सुपर-8 के प्रत्येक ग्रुप से शीर्ष दो टीम सीधे सेमीफाइनल में पहुंचती थीं। नए प्रारूप में अब प्रत्येक ग्रुप की केवल शीर्ष टीम ही सीधे अंतिम चार में पहुंचेगी। ग्रुप में दूसरे स्थान पर रहने वाली टीम विपरीत ग्रुप की तीसरे स्थान वाली टीम के खिलाफ एलिमिनेटर मुकाबला खेलेंगी जिससे प्रतियोगिता में एक नया रोमांच जुड़ जाएगा। NEW T20 WORLD CUP FORMAT The Men's T20 World Cup gets a new look: five groups of four, a 10-team second stage replacing the Super Eights, and Eliminators before the semifinals. pic.twitter.com/UU53aaf3jn — Cricbuzz (@cricbuzz) July 15, 2026 वहीं 2026 टी20 विश्व कप में खेलने वाली लेकिन स्वतः क्वालीफाई नहीं कर पाने वाली बाकी टीम सीधे वैश्विक क्वालीफायर में पहुंचेंगी।वैश्विक क्वालीफायर के अन्य आठ स्थानों के लिए क्षेत्रीय क्वालीफिकेशन होगा। इनमें अफ्रीका, एशिया और यूरोप से दो-दो टीम जबकि अमेरिका और पूर्वी एशिया प्रशांत क्षेत्र से एक-एक टीम क्वालीफाई करेगी।वैश्विक क्वालीफायर में प्रत्येक क्षेत्र की शीर्ष टीम और कुल मिलाकर अगली तीन सर्वश्रेष्ठ टीम 2028 टी20 विश्व कप के लिए क्वालीफाई करेंगी।
हनुमानगढ़ : नशीली दवाएं रखने के दोषी को दस वर्ष का कठोर करावास
हनुमानगढ़। राजस्थान में हनुमानगढ़ जिले के रावतसर अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायालय ने नशीली दवायें रखने के आरोपी को बुधवार को दोषी करार देते हुए 10 वर्ष के कठोर कारावास की सजा सुनाई। अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश ने अभियुक्त महेंद्र (36) को नशीली गोलियां रखने का दोषी मानते हुए उस पर एक लाख रुपए […] The post हनुमानगढ़ : नशीली दवाएं रखने के दोषी को दस वर्ष का कठोर करावास appeared first on Sabguru News .
बीकानेर में पावरग्रिड कार्पोरेशन ऑफ इन्डिया लिमिटेड के उप महाप्रबंधक रिश्वत लेते अरेस्ट
बीकानेर। राजस्थान में भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (एसीबी) की बीकानेर इकाई ने पावरग्रिड कार्पोरेशन ऑफ इन्डिया लिमिटेड, बीकानेर डिवीजन के उप महाप्रबंधक को बुधवार को 90 हजार रुपए की रिश्वत लेते रंगे हाथों गिरफ्तार किया। ब्यूरो की अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक स्मिता श्रीवास्तव ने बताया कि ब्यूरो की बीकानेर इकाई को शिकायत मिली कि परिवादी फर्म द्वारा […] The post बीकानेर में पावरग्रिड कार्पोरेशन ऑफ इन्डिया लिमिटेड के उप महाप्रबंधक रिश्वत लेते अरेस्ट appeared first on Sabguru News .
स्वाभिमान भोज में मनाया डॉ. अमित यादव का जन्मदिन, जरूरतमंदों को भोजन कराया
अजमेर। जवाहर लाल नेहरू चिकित्सालय उप अधीक्षक डॉ. अमित यादव ने बुधवार को अपना जन्मदिन अस्पताल परिसर में जवाहर फाउंडेशन की ओर से जरूरतमंदों के लिए संचालित स्वाभिमान भोज में केक काटकर मनाया साथ ही भोजन वितरण किया। इस मौके पर अस्पताल अधीक्षक अरविंद खरे, समाजसेवी महेश चौहान, मामराज सेन, भोजनालय स्टाफ ध्रुविका सिसोदिया, अंकित […] The post स्वाभिमान भोज में मनाया डॉ. अमित यादव का जन्मदिन, जरूरतमंदों को भोजन कराया appeared first on Sabguru News .
Share Bazaar में मामूली बढ़त, Sensex 130 अंक चढ़ा, Nifty भी 24000 के पार
Share Market Update News : भारतीय शेयर बाजार बुधवार को मामूली बढ़त के साथ बंद हुआ। कारोबार के अंत में बीएसई का सेंसेक्स 130.49 अंक यानी 0.16 फीसदी चढ़कर 77185.43 के स्तर पर बंद हुआ, वहीं एनएसई का निफ्टी 26.45 अंक यानी 0.11 फीसदी बढ़कर 24078.50 के स्तर पर पहुंच गया। मिडकैप शेयरों में पूरे दिन उतार-चढ़ाव देखने को मिला है। आज हिटाची एनर्जी, ABB इंडिया और GE वेर्नोवा TD ने क्रमशः 4.59 फीसदी, 4.53 फीसदी और 4.40 फीसदी की बढ़त के साथ अच्छा प्रदर्शन किया। भारतीय शेयर बाजार बुधवार को मामूली बढ़त के साथ बंद हुआ। कारोबार के अंत में बीएसई का सेंसेक्स 130.49 अंक यानी 0.16 फीसदी चढ़कर 77185.43 के स्तर पर बंद हुआ, वहीं एनएसई का निफ्टी 26.45 अंक यानी 0.11 फीसदी बढ़कर 24078.50 के स्तर पर पहुंच गया। मिडकैप शेयरों में पूरे दिन उतार-चढ़ाव देखने को मिला है। आज हिटाची एनर्जी, ABB इंडिया और GE वेर्नोवा TD ने क्रमशः 4.59 फीसदी, 4.53 फीसदी और 4.40 फीसदी की बढ़त के साथ अच्छा प्रदर्शन किया। ALSO READ: होर्मुज पर हमले से सहमा शेयर बाजार, Sensex 561 अंक लुढ़का, Nifty में भी आई गिरावट फोर्स मोटर्स और स्विगी के शेयरों में भी क्रमशः 4.37 फीसदी और 4.36 फीसदी की बढ़त दर्ज हुई। रसायन क्षेत्र के शेयरों में भी अच्छी खरीदारी देखने को मिली। इसके अलावा, ऑटोमोबाइल और रियल्टी जैसे क्षेत्रों में भी मजबूती बनी रही। उपभोक्ता-केंद्रित कंपनियों के शेयरों में भी निवेशकों ने रुचि दिखाई। अंतरराष्ट्रीय बाजार में यूरोपीय शेयर बाजार में DAX और CAC गिरावट में रहे। हांगकांग का Hang Seng सूचकांक 1.5 फीसदी की उल्लेखनीय बढ़त के साथ बंद हुआ। भारतीय सर्राफा बाजार में सोना और चांदी की कीमतों में आज गिरावट देखने को मिली। ALSO READ: Share Bazaar में बड़ा उछाल, Sensex 828 अंक उछला, Nifty भी 24200 के पार इससे पहले यानी मंगलवार को अमेरिका-ईरान के बीच बढ़ते हमलों से निवेशकों में घबराहट का माहौल रहा। कारोबार के अंत में बीएसई का सेंसेक्स 561.46 अंक या 0.72 प्रतिशत लुढ़ककर 77054.94 पर बंद हुआ, जबकि एनएसई का निफ्टी 158.95 अंक या 0.66 प्रतिशत गिरकर 24,052.05 के स्तर पर आ गया।
बांग्लादेश की पूर्व पीएम शेख हसीना बांग्लादेश लौटना चाहती हैं। अगस्त 2024 में तख्तापलट के बाद वो भागकर भारत आ गई थीं। उन्हें बांग्लादेश के इंटरनेशनल क्राइम्स ट्रिब्यूनल ने मौत की सजा सुनाई है। बांग्लादेशी नेता कह रहे- वापस आने पर इस सजा को अंजाम दिया जाएगा। क्या वाकई बांग्लादेश लौटेंगी शेख हसीना, फांसी की आशंका के बीच इससे हासिल क्या होगा और भारत का रुख क्या है; जानेंगे आज के एक्सप्लेनर में… सवाल-1: शेख हसीना के बांग्लादेश लौटने की बात कहां से उठी?जवाबः ये चर्चा शेख हसीना के ही बयानों से शुरू हुई। उन्होंने 29 जून को एक टीवी चैनल से ई-मेल इंटरव्यू में कहा… ‘मुझे मौत का डर नहीं है। मैंने 1975 में अपना पूरा परिवार खो दिया था। 21 अगस्त को ग्रेनेड से मेरी हत्या की कोशिश हुई। मैं हर साजिश से लड़ते हुए बांग्लादेश की अवाम के साथ खड़ी रही और वोट से 5 बार पीएम चुनी गई। मेरी पूरी जिंदगी बांग्लादेश की जनता, अवामी लीग (हसीना की पार्टी) और बांग्लादेश के हित से जुड़ी रही है। मैं हर रुकावट, हर साजिश को पार करते हुए इस साल अपने मुल्क लौटूंगी।' इसके बाद 10 जुलाई की सुबह हसीना ने न्यूज एजेंसी रॉयटर्स को भी टेलीफोनिक इंटरव्यू में बताया कि दिसंबर 2026 तक भारत से बांग्लादेश लौटेंगी और अपनी पार्टी के कुछ और निर्वासित नेताओं के साथ सरेंडर करेंगी। शेख हसीना ने कहा, 'हो सकता है कि लौटने पर वे मुझे गिरफ्तार कर लें, वे मुझे मार भी सकते हैं। फिर भी, मुझे जाना ही होगा। मेरी पार्टी के नेताओं और कार्यकर्ताओं का भयानक तरह से दमन हो रहा है।’ हसीना की सरकार में गृहमंत्री रहे असदुज्जमान खान भी निर्वासित हैं, उनको भी मौत की सजा सुनाई गई है। उन्होंने कहा, ‘हम सब मिलकर अदालत में आत्मसमर्पण करेंगे।’ सवाल-2: बांग्लादेश लौटने पर उनके साथ क्या-क्या हो सकता है?जवाबः शेख हसीना पर उनके खिलाफ आंदोलन करने वाले स्टूडेंट्स की हत्याओं के लिए पुलिस और सेना को आदेश देने का आरोप है। बांग्लादेश की इंटरनेशनल क्राइम्स ट्रिब्यूनल, यानी ICT-BD नवंबर २०२५ में शेख हसीना को मौत की सजा सुना चुकी है। ये पहली बार है, जब बांग्लादेश में किसी पूर्व पीएम को मौत की सजा सुनाई गई है। अब अगर शेख हसीना बांग्लादेश जाकर सरेंडर करती हैं, तो उन्हें गिरफ्तार करके फांसी देने की प्रक्रिया शुरू हो सकती है। हालांकि ट्रिब्यूनल के फैसले के खिलाफ अपील भी की जा सकती है। हसीना की पार्टी अवामी लीग पर बांग्लादेश में बैन है। इसलिए गिरफ्तारी पर किसी बड़े विरोध प्रदर्शन की भी उम्मीद कम है। पुलिस इसे कुचल सकती है। बांग्लादेश के पीएम तारिक रहमान के स्ट्रैटेजिक एडवाइजर जाहिद-उर-रहमान ने कहा है, ‘देश की जनता चाहती है कि उनके जुर्म के लिए उन्हें मौत की सजा दी जाए। अगर वो वापस आईं, तो इस सजा को अंजाम दिया जाएगा। जनता यही चाहती है। उन्हें दुनिया के सबसे अच्छे वकील लाने दो।' सवाल-3: जब फांसी की सजा हो चुकी, तो फिर लौटने का दांव क्यों खेल रहीं हसीना?जवाबः हसीना के बांग्लादेश जाने के जोखिम भरे दांव के पीछे सबसे बड़ी वजह है- बांग्लादेश की राजनीति में वापसी की कोशिश। हसीना की अवामी लीग बांग्लादेश में बैन है। बीती 23 जून को पार्टी ने 77वां स्थापना दिवस मनाया, तो दर्जनों कार्यकर्ताओं को गिरफ्तार किया गया। हसीना के बेटे सजीब वाजेद जॉय, फिलहाल अमेरिका में रहते हैं, लेकिन वो बांग्लादेश के मुद्दों पर एक्टिव हैं। अगर हसीना उनके लिए राजनीतिक जमीन तैयार करना चाहें, तो भी ये बिना बांग्लादेश लौटे मुमकिन नहीं है। अल-जजीरा के मुताबिक, हसीना ने विदेश से ही अवामी लीग को दोबारा मजबूत करने की कोशिशें शुरू कर दीं हैं। वो 100 से ज्यादा संसदीय इलाकों में अपनी पार्टी के लोगों के साथ ऑनलाइन बैठकें कर रही हैं। एक इंटरव्यू में हसीना ने खुद कहा, 'अवामी लीग पर कई हमले हुए, बैन लगाया गया, लेकिन जनता की ताकत से पार्टी दोबारा उठ खड़ी हुई। ऐसी कोशिशों में वो पहले भी फेल हुए हैं, दोबारा होंगे। बैन लगाकर पार्टी के ऑफिस और पॉलिटिकल एक्टिविटी बंद कर सकते हैं, लेकिन पार्टी वर्कर्स जुलूस निकाल रहे हैं। आम लोग इसमें शामिल हो रहे हैं। ये संकेत है कि अवामी लीग फिर से मजबूत होने लगी है।' हालांकि एक्सपर्ट्स एक छिपी वजह भी बताते हैं… ऑब्जर्वर रिसर्च फाउंडेशन में स्ट्रैटेजिक स्टडीज प्रोग्राम के डिप्टी डायरेक्टर विवेक मिश्र कहते हैं, 'आखिर कब तक हसीना भारत में या किसी और देश में रहेंगी? भारत भले ये बात न कहे, लेकिन उसके लिए एक एक्स्ट्रा जिम्मेदारी जैसा है। एक निर्वासित नेता को रखना आसान नहीं होता। शेख हसीना के साथ अमेरिका का भी सपोर्ट नहीं है। बांग्लादेश और चीन बहुत नजदीक आ चुके हैं। ऐसे में भारत तारिक रहमान के दौर में बांग्लादेश से अच्छे रिश्ते चाहता है।' इसके संकेत भी मिलने लगे हैं। जब तारिक रहमान पीएम बने, तो पीएम मोदी बधाई देने वाली शुरुआती नेताओं में से एक थे। BNP ने पीएम मोदी की बधाई को हाईलाइट किया और अच्छे रिश्तों की उम्मीद जताई। अगले ही दिन BNP के सीनियर नेता सलाहुद्दीन अहमद ने भारत से शेख हसीना का प्रत्यर्पण करने की पार्टी की मांग दोहराई। तारिक ने भी कहा कि कानूनी प्रक्रिया के हिसाब से हसीना के प्रत्यर्पण की मांग की जाएगी। सवाल-4: तो क्या भारत दबाव में हसीना को वापस भेज देगा?जवाबः दिसंबर 2024 से अब तक बांग्लादेश कई बार भारत को हसीना के प्रत्यर्पण का अनुरोध भेज चुका है। १४ जुलाई को भी भारतीय विदेश मंत्रालय ने कहा है- पूर्व पीएम (शेख हसीना) के मामले में हमारे रुख में कोई बदलाव नहीं आया है। प्रत्यर्पण का मामला कानूनी मुद्दा है, उसी तरीके से निपटा जाएगा। इस बयान और भारत के रुख का मतलब समझिए… हालांकि संधि में 3 आर्टिकल हैं, जिनके जरिए भारत शेख हसीना के प्रत्यर्पण से इनकार कर सकता है… आर्टिकल 6- अगर अपराध राजनीतिक हो: हसीना को कई हत्याओं के मामले में सजा हुई है। इसलिए ये आर्टिकल लागू होना मुश्किल है। आर्टिकल 7- आरोपी पर दूसरे देश में भी कोई मामला चल रहा हो: शेख हसीना के मामले में ऐसा नहीं है। आर्टिकल 8- अगर आरोप न्याय के लिए नहीं, बल्कि गलत तरीके से लगा हो: भारत कह सकता है कि हसीना के खिलाफ आरोप सही नहीं हैं और बांग्लादेश लौटने पर उनको राजनीतिक उत्पीड़न झेलना पड़ सकता है। 9 जुलाई को बांग्लादेश के विदेश राज्य मंत्री शमा ओबैद इस्लाम ने कहा कि हसीना को लाने के लिए लगातार कोशिश जारी है। प्रत्यर्पण इंटरनेशनल नियमों और कानून के तहत होता है, इसलिए इसमें समय लगता है। हालांकि जब उनसे पूछा गया कि क्या भारत इस मामले में सहयोग कर रहा है, तो उन्होंने सीधे जवाब नहीं दिया। विवेक मिश्र कहते हैं कि बांग्लादेश में जब तक अंतरिम सरकार थी, तब तक भारत ने इस मुद्दे को टाले रखा। अब बांग्लादेश में स्थायी सरकार है। इसलिए भारत को जवाब देना होगा। ये बात शेख हसीना भी समझती हैं।' इसीलिए हसीना ने खुद कहा है, ‘मुझे किसी के भेजने की जरूरत नहीं पड़ेगी, मैं खुद अपने देश लौटूंगी।' सवाल-5: बांग्लादेश में हसीना के पास सजा से बचने का कोई रास्ता है? जवाब: बांग्लादेश में मौत की सजा से बचने के लिए हसीना के पास दो रास्ते हैं… ट्रिब्यूनल में ही सजा को चुनौती दें और केस जीत जाएं ट्रिब्यूनल के फैसले के खिलाफ हसीना वहीं अपील कर सकती हैं। हालांकि अपील की समयसीमा 30 दिन की है, लेकिन मार्च 2026 में हसीना के वकील ट्रिब्यूनल को पत्र भेजकर सजा को अवैध बताकर इसे रद्द करने की मांग कर चुके हैं। ह्यूमन राइट्स वाच और एमनेस्टी इंटरनेशनल भी बिना सुनवाई के हुई इस सजा पर चिंता जता चुके हैं। इसलिए हो सकता है, हसीना को ट्रिब्यूनल सुनवाई में शामिल होने का मौका दे दे। हालांकि ट्रिब्यूनल से हसीना आरोपों से बरी हो जाएं, ये मुश्किल है। सजा के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट में अपील करके स्टे ले लें हसीना सरेंडर से पहले ही इस फैसले के खिलाफ बांग्लादेश के सुप्रीम कोर्ट में अपील कर सकती हैं। सुप्रीम कोर्ट फैसले पर सुनवाई शुरू कर सकता है या फिर स्टे दे सकता है। हालांकि बांग्लादेश में सुप्रीम कोर्ट पर सत्ता का प्रभाव रहता है। मसलन- ये खबर भी पढ़िए… ट्रम्प के करीबी लिंडसे ग्राहम की यूक्रेन से लौटते ही मौत, क्या रूस ने जहर दिया; भारत पर 500% टैरिफ के लिए उकसाते थे राष्ट्रपति ट्रम्प के बेहद करीबी सीनेटर लिंडसे ग्राहम 11 जुलाई को यूक्रेन दौरे से अमेरिका लौटे, ट्रम्प से फोन पर बात की और सोने चले गए। कुछ घंटे बाद तबीयत बिगड़ी और मौत हो गई। ग्राहम ईरान और रूस के धुर विरोधी माने जाते थे। भारत को भी निशाने पर रखा और मौत से एक दिन पहले तक 500% टैरिफ लगाने की जिद करते रहे। पूरी खबर पढ़िए…
क्रिस्टोफर नोलन की 'The Odyssey' को लेकर सोशल मीडिया और सिनेमा जगत में भारी हाइप है। आपको बता दें कि 23,900 करोड़ रुपये ($2.8 Billion+) का यह आंकड़ा नोलन की किसी एक फिल्म का बजट नहीं है, बल्कि यह उनकी अब तक की सभी ब्लॉकबस्टर फिल्मों (जैसे Oppenheimer, Inception, The Dark Knight Trilogy) की कुल ग्लोबल बॉक्स ऑफिस कमाई (Total Lifetime Box Office Earnings) को दर्शाता है, जिसने उन्हें दुनिया का सबसे मूल्यवान डायरेक्टर बना दिया है। नोलन अब इतिहास के सबसे बड़े ग्रीक महाकाव्य (Greek Epic) 'द ओडिसी' (The Odyssey) पर आधारित एक बेहद भव्य और बड़े बजट की फिल्म लेकर आ रहे हैं। आइए जानते हैं कि आखिर क्यों इस कहानी को यूरोप की महाभारत कहा जाता है और इसकी कहानी क्या है। हॉलीवुड के मास्टरमाइंड डायरेक्टर क्रिस्टोफर नोलन (Christopher Nolan) जब भी कोई फिल्म बनाते हैं, तो सिनेमा का इतिहास बदल जाता है। बॉक्स ऑफिस पर 23,900 करोड़ रुपये से अधिक की कुल कमाई का साम्राज्य खड़ा करने वाले नोलन की मूवी 'द ओडिसी' को लेकर पूरी दुनिया में उत्सुकता है। इस प्राचीन कहानी को यूरोप की महाभारत कहा जाता है। आखिर इस कहानी में ऐसा क्या है जिसने नोलन जैसे आधुनिक डायरेक्टर को आकर्षित किया? आइए जानते हैं 'द ओडिसी' की वह चक्रव्यूह जैसी कहानी, जो आपके रोंगटे खड़े कर देगी। क्यों कहा जाता है इसे 'यूरोप की महाभारत'? जैसे भारत में 'महाभारत' कुरुक्षेत्र के युद्ध और उसके बाद के परिणामों की एक विशाल गाथा है, ठीक वैसे ही प्राचीन ग्रीस (यूनान) में कवि होमर (Homer) द्वारा रचित 'द इलियड' (The Iliad) और 'द ओडिसी' (The Odyssey) हैं। जहाँ 'इलियड' में ट्रोजन वॉर (ट्रॉय के प्रसिद्ध युद्ध) की कहानी है, वहीं 'द ओडिसी' उस युद्ध के बाद की कहानी है। यह एक राजा की अपने घर लौटने की 10 साल लंबी ऐसी यात्रा है, जिसमें कदम-कदम पर देवता, दानव, जादुई शक्तियां और इंसानी जज्बात आपस में टकराते हैं, ठीक वैसे ही जैसे महाभारत में धर्म, नीति और माया का टकराव होता है। क्या है 'The Odyssey' की मुख्य कहानी? यह कहानी है इथाका (Ithaca) के बुद्धिमान राजा ओडिसियस (Odysseus) की। ट्रॉय के युद्ध को जीतने में ओडिसियस का सबसे बड़ा हाथ था (इन्होंने ही लकड़ी के घोड़े यानी 'Trojan Horse' का मास्टरप्लान बनाया था)। युद्ध खत्म होने के बाद ओडिसियस अपने सैनिकों के साथ अपने देश इथाका और अपनी पत्नी पेनेलोप के पास लौटने के लिए निकलते हैं। लेकिन, नियति को कुछ और ही मंजूर था। यह सफर जो कुछ हफ्तों का होना चाहिए था, वह 10 साल लंबे महाविनाशकारी चक्रव्यूह में बदल जाता है: 1. समुद्र के देवता का श्राप सफर के दौरान ओडिसियस का सामना 'पॉलीफेमस' नाम के एक भयानक एक आंख वाले राक्षस (Cyclops) से होता है, जो समुद्र के देवता पोसिडॉन (Poseidon) का बेटा था। ओडिसियस अपनी चालाकी से उस राक्षस की आंख फोड़कर बच निकलते हैं। इससे गुस्सा होकर समुद्र के देवता पोसिडॉन ओडिसियस को श्राप देते हैं कि वह कभी आसानी से अपने घर नहीं लौट पाएगा और उसके सारे सैनिक मारे जाएंगे। 2. जादूगरनी और नरभक्षी राक्षस रास्ते में ओडिसियस के जहाज भटक जाते हैं। वे कभी इंसानों को सुअर बना देने वाली जादूगरनी 'सार्सी' (Circe) के द्वीप पर फंसते हैं, तो कभी इंसानों को खा जाने वाले राक्षसों के चंगुल में। उन्हें समुद्र की उन खतरनाक अप्सराओं (Sirens) से भी गुजरना पड़ता है, जिनकी सुरीली आवाज सुनकर नाविक सम्मोहित होकर अपनी जान दे देते थे। 3. नरक (Underworld) की यात्रा अपने घर का रास्ता खोजने के लिए ओडिसियस को जीवित रहते हुए 'अंडरवर्ल्ड' यानी पाताल लोक (नरक) की यात्रा करनी पड़ती है, जहाँ वे मरे हुए महान योद्धाओं की आत्माओं और भविष्यवक्ताओं से मिलते हैं। 4. घर पर दूसरा 'महाभारत' जब 10 साल भटकने और अपने सभी सैनिकों को खोने के बाद ओडिसियस अकेले एक भिखारी के भेष में अपने देश इथाका पहुंचते हैं, तो वहाँ एक अलग ही युद्ध उनका इंतजार कर रहा था। उन्हें मरा हुआ समझकर दर्जनों दुष्ट राजकुमारों (Suitors) ने उनके महल पर कब्जा कर लिया था और उनकी पत्नी से जबरन शादी करना चाहते थे। यहाँ ओडिसियस अपने बेटे के साथ मिलकर उन सभी का अंत करते हैं, जो किसी क्लाइमेक्स से कम नहीं है। क्रिस्टोफर नोलन इस कहानी को कैसे बदल सकते हैं? सिनेमा के जानकारों का मानना है कि अगर क्रिस्टोफर नोलन ने इस ग्रीक महाकाव्य को पर्दे पर उतारा है, तो यह सीधे तौर पर कालजयी सिनेमा (Cinema Masterpiece) होगी। नोलन की फिल्मों की खासियत है, नॉन-लीनियर स्टोरीटेलिंग (समय को आगे-पीछे दिखाना) और प्रैक्टिकल इफेक्ट्स। टाइम लूप और भटकाव: ओडिसियस के 10 साल के भटकाव को नोलन मानसिक और मनोवैज्ञानिक स्तर पर दिखा सकते हैं, जैसा उन्होंने Inception और Interstellar में किया था। भव्य विजुअल्स: समुद्र के देवता का प्रकोप और अंडरवर्ल्ड के दृश्यों को नोलन बिना CGI के (या बहुत कम CGI के साथ) जिस तरह फिल्माएंगे, वह दर्शकों के लिए एक लाइफ-चेंजिंग विजुअल एक्सपीरियंस होगा। 'द ओडिसी' केवल एक राजा के घर लौटने की कहानी नहीं है, बल्कि यह इंसानी हौसले, बुद्धिमत्ता और किस्मत से लड़ने की महागाथा है। 23,900 करोड़ रुपये से अधिक की साख वाले क्रिस्टोफर नोलन अगर इतिहास के पन्नों से इस 'यूरोप की महाभारत' से बॉक्स ऑफिस के सारे रिकॉर्ड्स का टूटना तय है।
Alliance: बेटे निर्वाण का नाम 'राम खान' रखना चाहते थे सोहेल खान, बताई वजह
बॉलीवुड एक्टर और निर्माता सोहेल खान इन दिनों कुणाल खेमू के रियलिटी शो 'अलायंस' को लेकर जबरदस्त चर्चा में हैं। शो में जब से उनकी एक्स-वाइफ सीमा सजदेह की वाइल्ड कार्ड एंट्री हुई है, तब से इस पूर्व कपल की केमिस्ट्री और आपसी तालमेल दर्शकों का दिल जीत रहा है। हाल ही के एक एपिसोड में, सोहेल खान ने अपनी पर्सनल लाइफ का एक बेहद दिलचस्प और अनसुना किस्सा साझा किया। उन्होंने खुलासा किया कि वह अपने बड़े बेटे निर्वाण खान का नाम 'राम खान' रखना चाहते थे। ALSO READ: देसी लुक में छाईं अवनीत कौर, गुलाबी सलवार-सूट में दिखीं बेहद खूबसूरत मस्ती-मजाक में हुआ था नामकरण का फैसला शो के दौरान जब सह-प्रतियोगी अली गोनी ने सोहेल और सीमा के बेटों की तारीफ की और कहा कि वे बेहद संस्कारी हैं और निर्वाण बिल्कुल अपने पिता की कॉपी दिखते हैं, तब सोहेल भावुक हो गए। सोहेल ने बताया, जब सीमा प्रेग्नेंट थीं, तब हमने हंसी-मजाक में एक डील की थी। तय यह हुआ था कि अगर लड़का हुआ तो नाम मैं रखूंगा और लड़की हुई तो सीमा नाम चुनेगी। मैंने मन ही मन सोच लिया था कि मैं अपने बेटे का नाम 'राम खान' रखूंगा। अपने इस विचार के पीछे की वजह बताते हुए सोहेल ने कहा, हमारा परिवार शुरू से ही बहुत सेक्युलर (धर्मनिरपेक्ष) रहा है, इसलिए मेरे मन में यह नाम आया था। मैं देखना चाहता था कि यह नाम कैसा लगेगा। लेकिन नियति ने कुछ और ही तय कर रखा था। डिलीवरी के बाद जब सीमा को होश आया, तो उनके दिमाग में पहले से ही एक नाम चल रहा था। बॉलीवुड की अन्य लेटेस्ट खबर पढ़ने के लिए क्लिक करें सोहेल ने उस पल को याद करते हुए कहा, डॉक्टर ने जैसे ही बताया कि लड़का हुआ है, मैं तुरंत कमरे के अंदर गया। सीमा उस वक्त डिलीवरी के असर की वजह से थोड़ी बेहोशी की हालत में थीं। उन्होंने मुझे देखा और बेहद मासूमियत से पूछा— 'निर्वाण कैसा है?' सीमा ने उस नाम को इतने प्यारे तरीके से लिया कि उसके बाद मेरा उसे बदलने का मन ही नहीं हुआ। बता दें कि सोहेल खान और सीमा सजदेह ने साल 1998 में घर से भागकर शादी की थी, जिसके लिए उन्होंने पहले आर्य समाज मंदिर में फेरे लिए और फिर निकाह किया था। लगभग 24 साल तक साथ रहने के बाद, 2022 में दोनों ने आधिकारिक तौर पर तलाक ले लिया। हालांकि, शो 'अलायंस' में सोहेल ने कबूल किया कि भले ही उनके बीच का प्यार वक्त के साथ बदल गया हो, लेकिन आज भी उनके मन में सीमा के लिए बेहद सम्मान है।
सूर्य के दक्षिणायन होने का धार्मिक और वैज्ञानिक महत्व क्या है?
Significance of the Suns southward movement: सूर्य का दक्षिणायन होना एक ऐसी खगोलीय घटना है जिसमें विज्ञान और धर्म का अद्भुत तालमेल देखने को मिलता है। जब सूर्य उत्तरी गोलार्ध (Northern Hemisphere) से दक्षिणी गोलार्ध (Southern Hemisphere) की ओर गति करता हुआ प्रतीत होता है, तो इस काल को दक्षिणायन कहा जाता है। ALSO READ: जब मित्र के घर पधारेंगे ब्रह्मांड के राजा: सूर्य का कर्क राशि में गोचर चमकाएगा इन 4 राशियों का भाग्य यह चक्र हर साल जुलाई के मध्य (कर्क संक्रांति) से शुरू होकर जनवरी के मध्य (मकर संक्रांति) तक चलता है। आइए इसके वैज्ञानिक और धार्मिक दोनों पहलुओं को आसान शब्दों में समझते हैं। 1. दक्षिणायन का वैज्ञानिक महत्व वैज्ञानिक दृष्टिकोण से सूर्य कहीं आता-जाता नहीं है, बल्कि पृथ्वी की गतियों के कारण हमें ऐसा प्रतीत होता है: पृथ्वी का अक्षीय झुकाव (Axial Tilt): पृथ्वी अपनी धुरी पर 23.5 झुकी हुई है और सूर्य के चक्कर लगाती है। जून के अंत यानी Summer Solstice के बाद पृथ्वी की स्थिति सूर्य के सामने इस तरह बदलने लगती है कि सूर्य की सीधी किरणें भूमध्य रेखा (Equator) से धीरे-धीरे दक्षिण की ओर खिसकने लगती हैं। दिन और रात की अवधि में बदलाव: दक्षिणायन के दौरान उत्तरी गोलार्ध, जिसमें भारत आता है, में धीरे-धीरे दिन छोटे होने लगते हैं और रातें लंबी होने लगती हैं। ऋतु परिवर्तन: इसी काल में भारत में वर्षा ऋतु, शरद ऋतु और हेमंत ऋतु/ हल्की ठंड का आगमन होता है। मौसम में नमी बढ़ती है, जिससे हवा में बैक्टीरिया और वायरस अधिक सक्रिय हो जाते हैं। हमारा मेटाबॉलिज्म (Metabolism) भी इस समय थोड़ा धीमा हो जाता है, यही कारण है कि इस दौरान खान-पान पर विशेष नियंत्रण रखने की सलाह दी जाती है। 2. दक्षिणायन का धार्मिक और आध्यात्मिक महत्व सनातन धर्म में सूर्य के दक्षिणायन काल को आंतरिक साधना, संयम और तपस्या का समय माना गया है: देवताओं की रात्रि: हिंदू काल गणना के अनुसार, देवताओं का एक दिन मनुष्यों के एक वर्ष के बराबर होता है। उत्तरायण को देवताओं का दिन और दक्षिणायन को देवताओं की रात्रि माना जाता है। चूंकि रात विश्राम और साधना के लिए होती है, इसलिए इस काल में शुभ और मांगलिक कार्य- जैसे विवाह, मुंडन आदि कुछ समय के लिए वर्जित या सीमित हो जाते हैं। चातुर्मास साधना और व्रत का समय: दक्षिणायन के शुरुआती चार महीने चातुर्मास कहलाते हैं। इस समय नकारात्मक शक्तियों का प्रभाव न बढ़े, इसलिए व्रत, उपवास और मानसिक शुद्धि यानी ध्यान-योग पर विशेष बल दिया जाता है। नकारात्मकता पर विजय के त्योहार: भले ही इस काल में मांगलिक कार्य बंद होते हैं, लेकिन देवी-देवताओं की विशेष कृपा पाने के सबसे बड़े त्योहार इसी दौरान आते हैं। शारदीय नवरात्रि, दशहरा, धनतेरस, दीपावली और छठ पूजा जैसे पर्व दक्षिणायन में ही मनाए जाते हैं, जो अंधकार पर प्रकाश की विजय को दर्शाते हैं। पितरों की प्रसन्नता: दक्षिणायन की शुरुआत से ही हमारे पितरों या पूर्वजों के दिन की शुरुआत होती है। इसलिए पितृ पक्ष, श्राद्ध तर्पण और अमावस्या के उपाय इसी काल में किए जाते हैं ताकि पूर्वजों की आत्मा को शांति मिल सके। संक्षेप में कहें तो: वैज्ञानिक रूप से यह समय हमारे शरीर को बदलते मौसम के अनुकूल ढालने का होता है, और धार्मिक रूप से यह अपनी ऊर्जा को बाहर बिखेरने के बजाय आंतरिक शांति और साधना में लगाने का समय होता है। अस्वीकरण (Disclaimer) : चिकित्सा, स्वास्थ्य संबंधी नुस्खे, योग, धर्म, ज्योतिष, इतिहास, पुराण आदि विषयों पर वेबदुनिया में प्रकाशित/प्रसारित वीडियो, आलेख एवं समाचार सिर्फ आपकी जानकारी के लिए हैं, जो विभिन्न सोर्स से लिए जाते हैं। इनसे संबंधित सत्यता की पुष्टि वेबदुनिया नहीं करता है। सेहत या ज्योतिष संबंधी किसी भी प्रयोग से पहले विशेषज्ञ की सलाह जरूर लें। इस कंटेंट को जनरुचि को ध्यान में रखकर यहां प्रस्तुत किया गया है जिसका कोई भी वैज्ञानिक प्रमाण नहीं है। ALSO READ: Kark Sankranti 2026: सूर्य कर्क संक्रांति पर करें ये 7 शुभ कार्य, मिलेगी सूर्य देव की कृपा
विराट कोहली का एक और रोहित शर्मा का एक और Failure, क्या होगा आगे?
कल इंग्लैंड के खिलाफ भारत को जीत मिली लेकिन विराट कोहली और रोहित शर्मा ने अपने विकेट पहले दस ओवर में फेंक दिए। रोहित शर्मा को 21 गेंदों में 11 रन पर सैम करन ने अपना शिकार बनाया और विराट कोहली को जोफ्रा आर्चर ने 5 रनों पर पगबाधा कर दिया। इन दोनों की बल्लेबाजी के बाद लोगों में चर्चा शुरु हो गई है कि विश्वकप तक इनमें से कौन अपनी जगह बचा पाएगा। Kya din aa gye 2024 ki yaad aa gyi jab dono sath me Test me fail ho rhe the tab ese hi 10-20 runs ka comparison krte the https://t.co/suTLrv5aSQ — (@NPL_45) July 14, 2026 रोहित ने कप्तानी गंवाने के बाद अपने आक्रामक रवैए पर अंकुश लगाया लेकिन उन्हें अभी तक इससे खास फायदा नहीं हुआ है।रोहित ने पिछले साल अक्टूबर से 13 वनडे मैच खेले हैं, जिसमें उन्होंने एक शतक और चार अर्धशतकों की मदद से 46.91 के औसत से 563 रन बनाए हैं।यह कोई मामूली रिकॉर्ड नहीं है। लेकिन भारतीय ड्रेसिंग रूम के मौजूदा हालात ने रोहित के लिए लगभग हर मैच में अच्छा प्रदर्शन करना अनिवार्य बना दिया है। He is a left armer , ball is coming into him , ball pitched on the leg stump , how on earth he tried to loft that over covers pic.twitter.com/iNcK4dFZ58 — Mk (@__mk11_) July 14, 2026 अभी यह सोचना कल्पना से परे होगा कि रोहित अगले कुछ मैचों में असफल रहने पर 2027 में होने वाले वनडे विश्व कप की दौड़ से बाहर हो जाएंगे। लेकिन जिस तरह से हाल में टीम प्रबंधन ने सूर्यकुमार यादव और संजू सैमसन को खराब प्रदर्शन के कारण टीम से बाहर किया, वह 39 वर्षीय रोहित के लिए चेतावनी हो सकती है। रोहित अब इस स्थिति में है कि वह किसी भी चीज को भाग्य के सहारे नहीं छोड़ सकते हैं क्योंकि भारत के शीर्ष क्रम में इशान किशन के रूप में विकल्प मौजूद है।अफगानिस्तान के खिलाफ तीसरे एकदिवसीय मैच को छोड़ दे तो इस साल रोहित का प्रदर्शन औसत से नीचे रहा है।पहले मैच में वह 16 रन बनाकर रनआउट हो गए और दूसरे मैच में वह 39 गेंदों में 48 रन बनाकर बोल्ड हो गए।इससे पहले न्यूजीलैंड के खिलाफ पहली एकदिवसीय सीरीज में रोहित शर्मा फ्लॉप रहे और टीम को शुरुआत में बड़ा स्कोर नहीं दे सके। रोहित शर्मा 3 मैचों में 20 की औसत से 61 रन बना पाए। पूरी सीरीज में उन्होंने 9 चौके और 2 छक्के लगाए।पहले मैच में उन्होंने 29 गेंदो पर 26 रन, दूसरे मैच में उन्होंने 38 गेंदो में 24 रन और तीसरे मैच में 13 गेंदो में 11 रन बनाए। रोहित के विपरीत एक अन्य सीनियर खिलाड़ी विराट कोहली फिटनेस और आंकड़ों दोनों के मामले में बेहतर स्थिति में हैं। कोहली ने पिछले साल अक्टूबर से 10 मैचों में 77.62 के औसत से 621 रन बनाए हैं, जिसमें तीन शतक और इतने ही अर्धशतक शामिल हैं। वह भी रोहित की तरह पहले मैच में नहीं चल पाए लेकिन टीम में उनके स्थान पर किसी तरह का खतरा नजर नहीं आ रहा है। Virat Kohli = GONE! pic.twitter.com/OoYriwqcYl — England Cricket (@englandcricket) July 14, 2026 कुछ ऐसा ही ऑस्ट्रेलिया में हुआ था और रोहित अगले 2 मैच में अर्धशतक जमाकर मैन ऑफ द सीरीज का खिताब पाए थे। इंग्लैंड की परिस्थितियों से विराट कोहली भली भांति परिचित है क्योंकि अब वह इस देश में ही रहते हैं। ऐसे में फैंस का मानना है कि कोहली अगले 2 मैच में बड़ी पारी खेलकर मैन ऑफ द सीरीज का अवार्ड पाएंगे।
रणथम्भौर बाघ अभयारण्य पर्यटकों के लिए तीन महीने के लिए बंद
सवाईमाधोपुर। राजस्थान में सवाईमाधोपुर का रणथंभौर बाघ अभयारण्य तीन महीने के मानसून के दौरान पर्यटकों के लिए बंद रहेगा। प्राप्त जानकारी के अनुसार इस बीच 1700 वर्ग किलोमीटर के इस जंगल में बाघ के शरीर पर बनी धारियों से बाघों की गणना के लिए 600 कैमरा ट्रैप लगाए गए हैं। अभयारण्य के सूत्रों ने बुधवार […] The post रणथम्भौर बाघ अभयारण्य पर्यटकों के लिए तीन महीने के लिए बंद appeared first on Sabguru News .
इंस्टामार्ट पर अब मिलेगा HPCL LPG सिलेंडर, जल्द शुरू होगी बेंगलूरु में ऑन-डिमांड डिलीवरी सेवा
नई दिल्ली। कर्नाटक में बेंगलूरु के रसोई गैस उपभोक्ताओं के लिए अच्छी खबर है। अब यहां के गैस उपभोक्ताओं को क्विक कॉमर्स प्लेटफॉर्म इंस्टामार्ट के जरिये एलपीजी सिलेंडर मिलेंगे। इसके लिए इंस्टामार्ट ने हिंदुस्तान पेट्रोलियम निगम लिमिटेड (एचपीसीएल) से हाथ मिलाया है और ऑन-डिमांड डिलीवरी सेवा शुरू करने की घोषणा है। गौरतलब है कि देश […] The post इंस्टामार्ट पर अब मिलेगा HPCL LPG सिलेंडर, जल्द शुरू होगी बेंगलूरु में ऑन-डिमांड डिलीवरी सेवा appeared first on Sabguru News .
बड़े पर्दे के बाद अब कलम से कमाल करेंगे कुणाल कपूर, तीन फिल्मों की स्क्रिप्ट की पूरी
कुणाल ने सोशल मीडिया पर बताया कि उन्होंने तीन पूरी फिल्मी स्क्रिप्ट लिख ली हैं। इनमें एक एक्शन फिल्म, एक रोमांटिक फिल्म और एक कॉमेडी फिल्म शामिल है। अब वह ऐसे लोगों की तलाश में हैं, जो इन फिल्मों को बनाने में उनके साथ जुड़ सकें। उन्होंने लिखा, मुझे ऐसा काम नहीं मिल रहा था, जिसे करने के लिए मैं सच में उत्साहित था। इसलिए मैंने खुद ही लिखना शुरू किया। मेरे दिमाग में काफी समय से चल रहे तीन विचार अब पूरी स्क्रिप्ट बन चुके हैं। ये सिर्फ आइडिया या शुरुआती रूपरेखा नहीं हैं, बल्कि पूरी तरह तैयार स्क्रिप्ट हैं। A post shared by Kunal K Kapoor (@kunalkkapoor) कुणाल ने बताया कि तीनों फिल्में अलग-अलग शैली की हैं और हर कहानी ने उन्हें एक अलग दुनिया और अलग सोच के साथ जीने का मौका दिया। ALSO READ: 'जिंदगी ना मिलेगी दोबारा' के 15 साल: जानिए कैसे एक फिल्म बन गई लोगों के जीने का तरीका! उन्होंने लिखा, तीन अलग-अलग दुनिया, जिन्होंने मुझे तीन अलग-अलग सोच के साथ जीने का मौका दिया। लंबे समय बाद इतना कठिन, लेकिन उतना ही मजेदार अनुभव रहा। अब सबसे बड़ी चुनौती सही लोगों को ढूंढना है, जो इन कहानियों को पर्दे तक पहुंचाने में मेरा साथ दें। हालांकि, कुणाल यहीं नहीं रुकने वाले हैं। उन्होंने मजाकिया अंदाज में लिखा, चौथा आइडिया तो अभी से मेरा पीछा नहीं छोड़ रहा। बॉलीवुड की अन्य लेटेस्ट खबर पढ़ने के लिए क्लिक करें इस साल कुणाल कपूर की दो बड़ी फिल्में भी रिलीज़ होने वाली हैं। वह नितेश तिवारी की फिल्म रामायण में इंद्र के किरदार में नजर आएंगे। यह फिल्म इस दिवाली सिनेमाघरों में रिलीज़ होगी और इसका ट्रेलर 18 जुलाई को भारत मंडपम में लॉन्च किया जाएगा। इसके अलावा वह चिरंजीवी के साथ तेलुगु फैंटेसी फिल्म विश्वंभरा में भी दिखाई देंगे, जो इस साल रिलीज़ होगी। एक तरफ देश की दो बड़ी फिल्मों का हिस्सा बनने जा रहे कुणाल कपूर हैं, तो दूसरी तरफ उनकी तीन नई स्क्रिप्ट भी पूरी तरह तैयार हैं और अब उन्हें सिर्फ सही साथी का इंतजार है।
ओडिशा में इलाज में लापरवाही को लेकर दंत चिकित्सक को एक लाख रुपए जुर्माना देने का निर्देश
भुवनेश्वर। ओडिशा में केंद्रपाड़ा ज़िला उपभोक्ता विवाद निवारण आयोग ने एक निजी दंत चिकित्सक को एक महिला को एक लाख रुपए का मुआवज़ा देने का आदेश दिया है। आयोग ने दंत चिकित्सक को मेडिकल लापरवाही और सेवा में कमी का दोषी पाया है। यह मामला दांतों के इलाज से जुड़ा है, जिसके कारण महिला को […] The post ओडिशा में इलाज में लापरवाही को लेकर दंत चिकित्सक को एक लाख रुपए जुर्माना देने का निर्देश appeared first on Sabguru News .
'जिंदगी ना मिलेगी दोबारा' के 15 साल: जानिए कैसे एक फिल्म बन गई लोगों के जीने का तरीका!
बहुत ही कम ऐसी फिल्में होती हैं जो न सिर्फ किसी इंसान पर, बल्कि उसके जीने के तरीके पर भी गहरा असर छोड़ती हैं। फिर कुछ ऐसी फिल्में आती हैं जो इससे भी आगे निकलकर जीने का एक तरीका सिखा जाती हैं, और 'जिंदगी ना मिलेगी दोबारा' ने बिल्कुल यही काम किया। यह फिल्म न केवल एक ट्रेंडसेटर बनकर उभरी, बल्कि जिंदगी जीने का एक ऐसा जरिया बन गई जो आज भी लोगों को बहुत पसंद आता है। अपनी कहानी से लेकर डायलॉग्स तक, यह फिल्म एक ऐसी दीवानगी बन गई जिसने पूरी एक पीढ़ी को इंस्पायर किया। आज, अपनी रिलीज के 15 साल पूरे होने पर भी 'जिंदगी ना मिलेगी दोबारा' उतनी ही फ्रेश और खास लगती है। ALSO READ: 'हद्द में रहना सब के सब...' पैपराजी की अजीब डिमांड पर भड़कीं जरीन खान, जमकर लगाई क्लास साल 2011 में रिलीज हुई 'जिंदगी ना मिलेगी दोबारा' सिर्फ एक फिल्म नहीं थी, बल्कि एक कमाल का एक्सपीरियंस थी। दोस्ती, प्यार, एडवेंचर, घूमना-फिरना, परिवार, बाप-बेटे का रिश्ता, रोड ट्रिप्स, आजादी या जिंदगी को देखने का नजरिया—ZNMD उन बहुत कम फिल्मों में से एक है जिसने फुल एंटरटेनमेंट देने के साथ-साथ दिल पर एक कभी न मिटने वाली छाप छोड़ी। यह फिल्म अर्जुन, कबीर और इमरान नाम के बचपन के तीन दोस्तों की कहानी है, जो कबीर की बैचलर पार्टी के लिए स्पेन में तीन हफ्ते के रोड ट्रिप पर निकलते हैं। उन्हें जरा भी अंदाजा नहीं था कि यह सफर न केवल उनकी अपनी जिंदगी बदल देगा, बल्कि लाखों देखने वालों के दिलों को भी गहराई से छू जाएगा। अपनी इस बेहद प्यारी कहानी के जरिए इस फिल्म ने जिंदगी की उन बातों को दिखाया जिन्हें हममें से कई लोग अक्सर अनदेखा कर देते हैं या समझ नहीं पाते। सही मायनों में, इसने दर्शकों को सिखाया कि बिना किसी डर या पछतावे के असल में खुलकर जीने का क्या मतलब होता है। ALSO READ: विपुल अमृतलाल शाह 'समुक' से रचने जा रहे हैं नया इतिहास, हॉलीवुड एक्सपर्ट एलेक गिलिस करेंगे एलियन क्रिएचर तैयार ZNMD एक ऐसी लीक से हटकर फिल्म साबित हुई जिसने लोगों को जिंदगी जीने का एक बिल्कुल नया नजरिया दिया। दुनिया घूमना, एडवेंचर को गले लगाना, रिस्क लेना, अपनी भावनाओं को खुलकर जाहिर करना और अपने अंदर सुकून ढूंढना—फिल्म ने खुद को पहचानने के हर एक पहलू को इतनी खूबसूरती से दिखाया कि यह सीधे दर्शकों के दिलों में उतर गई। रितिक रोशन, अभय देओल, फरहान अख्तर, कैटरीना कैफ और कल्कि कोचलिन जैसे शानदार कलाकारों से सजी इस फिल्म ने हर पीढ़ी के दर्शकों के दिलों को छुआ। दमदार फिल्में बनाने के लिए मशहूर एक्सेल एंटरटेनमेंट के बैनर तले बनी 'जिंदगी ना मिलेगी दोबारा' उनके सबसे बेहतरीन कामों में से एक है। जोया अख्तर के डायरेक्शन में बनी इस फिल्म में कुछ बेहद कमाल के डायलॉग्स और शायरी थी, जिन्हें जावेद अख्तर ने लिखा था। उनके लिखे शब्दों ने जिंदगी के असली मायने को बहुत ही खूबसूरती से समेटा है। यह फिल्म कई आइकॉनिक डायलॉग्स और कभी न भूलने वाली कविताओं से भरी हुई थी। Seize the day, my friend. पहले इस दिन को पूरी तरह जियो, फिर 40 के बारे में सोचना। या फिर दिलों में तुम अपनी बेताबियां लेके चल रहे हो तो ज़िंदा हो तुम। नज़र में ख्वाबों की बिजलियां लेके चल रहे हो तो ज़िंदा हो तुम। फिल्म का म्यूजिक एल्बम भी इसके सबसे बड़े प्लस पॉइंट्स में से एक था, जिसमें 'दिल धड़कने दो', 'इक जूनूनपेंट इट रेड)', 'ख्वाबों के परिंदे', 'सेनोरिटा' और 'सूरज की बाहों में' जैसे ब्लॉकबस्टर गाने शामिल थे। यहाँ तक कि 59वें नेशनल फिल्म अवार्ड्स में इस फिल्म ने दो अवॉर्ड्स भी अपने नाम किए थे— बेस्ट कोरियोग्राफी ('सेनोरिटा' गाने के लिए बॉस्को-सीज़र) और बेस्ट ऑडियोग्राफी (बेलन फोंसेका)।
भीलवाड़ा के आसींद में कार की चपेट में आने से 3 युवकों की मौत
भीलवाड़ा। राजस्थान में भीलवाड़ा के आसींद थाना क्षेत्र में राष्ट्रीय राजमार्ग-158 पर मंगलवार देर रात कार की चपेट में आने से मोटर साइकिल पर सवार तीन युवकों की मौत हो गई। पुलिस सूत्रों ने बुधवार को बताया कि कमलेश (24), भूरा उर्फ निजाम खान और बृजेश सहनी भीलवाड़ा में कैटरिंग का काम करते थे। देर […] The post भीलवाड़ा के आसींद में कार की चपेट में आने से 3 युवकों की मौत appeared first on Sabguru News .
22 जुलाई 2026: आषाढ़ की भड़ली नवमी पर महा अबूझ मुहूर्त, इसके बाद 4 महीने तक थमेगी शहनाइयां
हिंदू धर्म और पंचांग में शुभ कार्यों के लिए सही समय यानी 'मुहूर्त' का बहुत महत्व होता है। लेकिन साल में कुछ दिन ऐसे भी आते हैं, जब आपको किसी पंडित जी से पूछने या पंचांग देखने की जरूरत नहीं होती। ऐसा ही एक महा-मुहूर्त इस साल 22 जुलाई 2026 को आ रहा है। यह दिन भड़ली नवमी का है, जो अपने आप में एक 'अबूझ मुहूर्त' है। इसके ठीक बाद देवशयनी एकादशी से चातुर्मास शुरू हो जाएगा और अगले 4 महीनों के लिए सभी मांगलिक कार्यों पर विराम लग जाएगा। 1. क्या है भड़ली नवमी और इसका महत्व? हिंदू पंचांग के अनुसार, आषाढ़ मास के शुक्ल पक्ष की नवमी तिथि को भड़ली नवमी (या भडल्या नवमी) कहा जाता है। इसी पावन दिन पर आषाढ़ गुप्त नवरात्रि का समापन भी होता है। धार्मिक दृष्टिकोण से इस तिथि को बेहद पवित्र और दोषमुक्त माना गया है। शास्त्रों के अनुसार, इस दिन ग्रहों की स्थिति इतनी अनुकूल होती है कि पूरे 24 घंटे का समय हर तरह के शुभ काम के लिए सर्वोत्तम बन जाता है। यदि किसी व्यक्ति की कुंडली में कोई ग्रह दोष हो या शादी-ब्याह के लिए सामान्य दिनों में मुहूर्त न निकल रहा हो, तो वे बिना किसी हिचकिचाहट के इस दिन अपना कार्य कर सकते हैं। 2. भड़ली नवमी (अबूझ मुहूर्त) पर कौन-कौन से कार्य किए जा सकते हैं? अबूझ मुहूर्त का अर्थ ही है- असीम शुभता। इस दिन आप नीचे दिए गए सभी मांगलिक और व्यावहारिक कार्य बिना संकोच के संपन्न कर सकते हैं। विवाह और सगाई: यदि किसी के विवाह के लिए कुंडली के मिलान में दिक्कत आ रही हो या कोई अन्य अड़चन हो, तो इस दिन शादी करना अत्यंत शुभ और सुखद दाम्पत्य जीवन देने वाला माना जाता है। गृह प्रवेश: नए घर में प्रवेश करने या नए कार्यालय/दुकान का उद्घाटन करने के लिए यह सर्वश्रेष्ठ दिन है। मुंडन और जनेऊ संस्कार: बच्चों का मुंडन संस्कार या यज्ञोपवीत (जनेऊ) धारण करने जैसे धार्मिक कार्य इस दिन निर्विघ्न पूरे होते हैं। वाहन और संपत्ति की खरीदारी: नया वाहन खरीदना, नया मकान या प्लॉट बुक करना, या सोने-चांदी के गहने खरीदना इस दिन समृद्धि लाता है। नया व्यापार या निवेश: अगर आप कोई नया बिजनेस शुरू करना चाहते हैं या कोई बड़ा वित्तीय निवेश करने जा रहे हैं, तो भड़ली नवमी का दिन आपको सफलता दिलाएगा। 3. इसके बाद 4 महीने तक क्यों नहीं होंगे मांगलिक कार्य? भड़ली नवमी के तुरंत बाद देवशयनी एकादशी आती है, जिससे चातुर्मास (चार पवित्र महीने) की शुरुआत होती है। पौराणिक मान्यताओं के अनुसार, इन चार महीनों में भगवान विष्णु क्षीर सागर में योग निद्रा में चले जाते हैं। सृष्टि के पालनहार के शयनकाल में रहने के कारण सभी प्रकार के मांगलिक और मांगलिक कार्य जैसे विवाह, जनेऊ और गृह प्रवेश पूरी तरह वर्जित हो जाते हैं। अब सीधे देवउठनी एकादशी (कार्तिक मास) पर भगवान के जागने के बाद ही शहनाइयाँ दोबारा गूँजेंगी। इसलिए, चातुर्मास से पहले भड़ली नवमी मांगलिक कार्यों के लिए आखिरी और सबसे बड़ा अवसर है। 4. वर्ष में कितने अबूझ मुहूर्त होते हैं और ये कब-कब आते हैं? हिंदू संस्कृति में वर्षभर में मुख्य रूप से 4 अबूझ मुहूर्त (जिन्हें स्वयंसिद्ध मुहूर्त भी कहा जाता है) माने गए हैं। इन दिनों में बिना पंचांग देखे कोई भी शुभ कार्य किया जा सकता है। ये चारों इस प्रकार हैं: पहला अबूझ मुहूर्त: अक्षय तृतीया (आखा तीज) यह वैशाख मास के शुक्ल पक्ष की तृतीया तिथि को आती है (आमतौर पर अप्रैल या मई के महीने में)। इसे साल का सबसे बड़ा अबूझ मुहूर्त माना जाता है। इस दिन दान-पुण्य और सोने की खरीदारी का विशेष महत्व है। दूसरा अबूझ मुहूर्त: देवउठनी एकादशी कार्तिक मास के शुक्ल पक्ष की एकादशी तिथि को देवउठनी एकादशी कहते हैं (आमतौर पर नवंबर में)। इस दिन भगवान विष्णु चार महीने की निद्रा के बाद जागते हैं और इसी दिन से देश में शादियों का सीजन फिर से शुरू हो जाता है। तीसरा अबूझ मुहूर्त: वसंत पंचमी माघ मास के शुक्ल पक्ष की पंचमी तिथि को वसंत पंचमी मनाई जाती है (आमतौर पर जनवरी या फरवरी में)। यह ज्ञान की देवी मां सरस्वती का दिन है और विद्यारंभ, कला, संगीत और विवाह के लिए बेहद शुभ अबूझ मुहूर्त माना जाता है। चौथा अबूझ मुहूर्त: भड़ली नवमी आषाढ़ मास के शुक्ल पक्ष की नवमी तिथि को आने वाली भड़ली नवमी (आमतौर पर जून या जुलाई में) साल का आखिरी अबूझ मुहूर्त होती है। इसके बाद चातुर्मास लगने के कारण लोग इस दिन अपने छूटे हुए सभी जरूरी मांगलिक कार्य जल्द से जल्द पूरे कर लेते हैं। नोट: कुछ क्षेत्रों में दशहरा यानी विजयादशमी को भी अबूझ मुहूर्त के रूप में माना जाता है, लेकिन मुख्य रूप से ऊपर दिए गए चार ही सबसे बड़े स्वयंसिद्ध मुहूर्त स्वीकार किए गए हैं।
श्रीगंगानगर के खेत में मिले पुराने बम को सेना ने नष्ट किया
श्रीगंगानगर। राजस्थान में श्रीगंगानगर जिले के राजियासर थाना क्षेत्र में करीब एक महीने पहले खेत में मिले जंग लगे बम को सेना के बम निरोधक दस्ते ने बुधवार सुबह निष्क्रिय कर दिया। प्राप्त जानकारी के अनुसार दस्ते ने नियंत्रित विस्फोट करके बम को नष्ट कर दिया। इस दौरान विस्फोट से जमीन में बड़ा गड्ढा हो […] The post श्रीगंगानगर के खेत में मिले पुराने बम को सेना ने नष्ट किया appeared first on Sabguru News .
अलवर में तेज रफ्तार ट्रक ने पिता-पुत्र को कुचला, बेटे की मौत, पिता घायल
अलवर। राजस्थान में अलवर जिले के अकबरपुर थाना क्षेत्र में अलवर- जयपुर मार्ग पर बुधवार को ट्रक की चपेट में आने से एक युवक की मौत हो गई जबकि उसका पिता घायल हो गया। पुलिस सूत्रों ने बताया कि चांद पहाड़ी निवासी दिनेश गुर्जर (30) पिता सरजीवन गुर्जर (60) के साथ नानी सास के निधन […] The post अलवर में तेज रफ्तार ट्रक ने पिता-पुत्र को कुचला, बेटे की मौत, पिता घायल appeared first on Sabguru News .
मणिपुर में भीड़ ने असम राइफल्स के शिविर पर किया हमला, वाहनों में की तोड़फोड़
सेनापति। मणिपुर के सेनापति में भीड़ ने मंगलवार रात असम राइफल्स के शिविर पर हमला किया और गाड़ियों को नुकसान पहुंचाया। रक्षा मंत्रालय के जनसंपर्क अधिकारी (पीआरओ) और प्रवक्ता ने बुधवार को बताया कि मंगलवार रात राज्य के सेनापति शहर में असम राइफल्स के शिविर पर बेकाबू भीड़ ने पत्थरबाजी, आगजनी और जमकर तोड़-फोड़ की। […] The post मणिपुर में भीड़ ने असम राइफल्स के शिविर पर किया हमला, वाहनों में की तोड़फोड़ appeared first on Sabguru News .
खुल गई कॉकरोच जनता पार्टी की पोल !सामने आ गया असली एजेंडा
सोनम वांगचुक का संघर्ष: 18 दिन से अनशन और गिरता स्वास्थ्य—क्या सरकार उनकी मांगें सुनेगी?
पालघर : स्पा सेंटर में सेक्स रैकेट का खुलासा, 6 महिलाओं को बचाया, दो अरेस्ट
मुंबई। पुलिस ने पड़ोसी जिले पालघर के नालासोपारा पश्चिम स्थित एक स्पा सेंटर से चल रहे देह व्यापार का खुलासा करते हुए दो लोगों को गिरफ्तार किया है। इस अभियान में छह महिलाओं को मुक्त भी कराया गया है। आरोपियों की नाम महेश चह्वाण (22) और कमलेश पाठक हैं। पुलिस ने ‘रीगल स्पा सेंटर’ के […] The post पालघर : स्पा सेंटर में सेक्स रैकेट का खुलासा, 6 महिलाओं को बचाया, दो अरेस्ट appeared first on Sabguru News .
अलवर में पुरानी रंजिश में एक ही परिवार के दो पक्ष भिड़े, 10 से ज्यादा घायल
अलवर। राजस्थान में अलवर जिले के लक्ष्मणगढ़ थाना क्षेत्र में चिमरावली गौड़ गांव में पुरानी रंजिश को लेकर एक ही परिवार के दो पक्षों के बीच हुए खूनी संघर्ष में 10 से अधिक लोग घायल हो गए हैं। बुधवार को प्राप्त जानकारी के अनुसार 10 घायलों को मंगलवार रात में अलवर के राजीव गांधी सामान्य […] The post अलवर में पुरानी रंजिश में एक ही परिवार के दो पक्ष भिड़े, 10 से ज्यादा घायल appeared first on Sabguru News .
भिवाड़ी में फर्जी पुलिस अधिकारी बनकर एक लाख रुपए वसूलने वाले दो आरोपी अरेस्ट
खैरथल तिजारा। राजस्थान में खैरथल तिजारा जिले में भिवाड़ी की फैज तृतीय थाना क्षेत्र में पुलिस ने फर्जी पुलिस अधिकारी बनकर मेडिकल स्टोर संचालक से एक लाख रुपए की फिरौती वसूलने वाले दो आरोपियों को महज 24 घंटे में गिरफ्तार कर बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस सूत्रों ने मंगलवार को बताया कि हरियाणा के […] The post भिवाड़ी में फर्जी पुलिस अधिकारी बनकर एक लाख रुपए वसूलने वाले दो आरोपी अरेस्ट appeared first on Sabguru News .
तलाक के 12 साल बाद फिर दुल्हन बनेंगी जेनिफर विंगेट, सात समंदर पार रचाएंगी 'व्हाइट वेडिंग'!
टेलीविजन इंडस्ट्री की सबसे खूबसूरत और टैलेंटेड एक्ट्रेस जेनिफर विंगेट एक बार फिर अपनी पर्सनल लाइफ को लेकर सुर्खियों में हैं। 'बेहद' और 'बेपनाह' जैसे सुपरहिट सीरियल्स से दर्शकों के दिलों पर राज करने वाली जेनिफर को लेकर एक खुशखबरी सामने आ रही है। खबरों के अनुसार करण सिंह ग्रोवर से तलाक के 12 साल बाद जेनिफर अपनी जिंदगी का एक नया अध्याय शुरू करने जा रही हैं। वह जल्द अपने लॉन्ग-टर्म बॉयफ्रेंड विलियम इश्माएल के साथ शादी के बंधन में बंधने वाली हैं। ALSO READ: कपिल शर्मा के शो को लेकर कीकू शारदा ने खोले राज, बताया 70% होता है स्क्रिप्टेड टाइम्स ऑफ इंडिया की रिपोर्ट में सूत्रों का हवाला देते हुए बताया गया कि जेनिफर विंगेट 16 जुलाई को सात समंदर पार यूनाइटेड किंगडम में विलियम इश्माएला संग शादी करने जा रही हैं। यह एक बेहद प्राइवेट और इंटीमेट सेरेमनी होगी, जिसमें किसी भी तरह का तड़क-भड़क वाला तामझाम नहीं दिखेगा। सूत्रों के अनुसार, जेनिफर एक पारंपरिक ईसाई रीति-रिवाज से 'व्हाइट वेडिंग' करने वाली हैं। इस खास मौके पर उनके परिवार के चुनिंदा सदस्य और बेहद करीबी दोस्त ही गवाह बनेंगे। अपनी ड्रीम वेडिंग के लिए जेनिफर ने मशहूर ब्रांड 'कार्लेओ' द्वारा खास तौर पर डिजाइन किया हुआ बेहद खूबसूरत सफेद ब्राइडल गाउन चुना है। भले ही मीडिया रिपोर्ट्स में शादी की तारीख, वेन्यू और आउटफिट तक की डिटेल्स लीक हो चुकी हैं, लेकिन जेनिफर विंगेट या उनकी टीम की तरफ से इस पर अभी तक कोई आधिकारिक मुहर नहीं लगाई गई है। जेनिफर हमेशा से ही अपनी निजी जिंदगी को पर्दे के पीछे रखना पसंद करती हैं। कौन हैं जेनिफर के होने वाले पति शौहर विलियम इश्माएल? जेनिफर के होने वाले पति विलियम इश्माएल ग्लैमर वर्ल्ड या एंटरटेनमेंट इंडस्ट्री से ताल्लुक नहीं रखते हैं। वह सिंगापुर के एक जाने-माने बिजनेसमैन और फाइनेंस सेक्टर के बड़े एक्सपर्ट हैं। लिंक्डइन प्रोफाइल के मुताबिक, विलियम वर्तमान में सिंगापुर में 'MHC डिजिटल ग्रुप' में बिजनेस डेवलपमेंट और ट्रेडिंग डायरेक्टर के पद पर कार्यरत हैं। इससे पहले वह करीब 10 साल तक दिग्गज 'UBS इन्वेस्टमेंट बैंक' में भी अपनी सेवाएं दे चुके हैं। बॉलीवुड की अन्य लेटेस्ट खबर पढ़ने के लिए क्लिक करें विलियम बेहद प्राइवेट इंसान हैं और उन्हें मीडिया की लाइमलाइट या कैमरों के सामने रहना बिल्कुल पसंद नहीं है। 41 साल की जेनिफर और विलियम काफी समय से एक-दूसरे को डेट कर रहे हैं। एक वेकेशन के दौरान विलियम ने जेनिफर को प्रपोज किया था, जिसके लिए एक्ट्रेस ने तुरंत 'हां' कह दिया था। जेनिफर विंगेट की यह दूसरी शादी होगी। इससे पहले साल 2012 में उन्होंने अपने सुपरहिट शो 'दिल मिल गए' के को-स्टार करण सिंह ग्रोवर से लव मैरिज की थी। दोनों की जोड़ी को फैंस का भरपूर प्यार मिला था, लेकिन दुर्भाग्य से यह शादी ज्यादा समय नहीं टिक सकी। शादी के महज दो साल बाद, यानी 2014 में दोनों का तलाक हो गया। इसके बाद जहां करण सिंह ग्रोवर ने बिपाशा बासु से शादी कर ली, वहीं जेनिफर ने खुद को पूरी तरह से अपने काम और करियर पर फोकस कर लिया था।
अहमदाबाद से 3 नाबालिग इंदौर आए, कंडक्टर ले गया थाने, पुलिस ने सुरक्षित घर भेजा
अहमदाबाद से बस में सवार होकर 3 नाबालिग बच्चे इंदौर आ गए। वे जैसे ही बस से उतरकर भागने लगे तो कंडक्टर ने पकड़ा। बस यात्रियों से पूछताछ की तो किसी भी जानकारी नहीं दी। इस पर कंडक्टर ने बच्चों से बात की तो उन्होंने बताया वे गलती से खाली बस देखकर उसमें बैठ गए थे। बताया जा रहा है कि बाद में कंडक्टर ने सूझबूझ दिखाकर बच्चों को ऑटो रिक्शा से द्वारकापुरी थाने पहुंचाया। बताते हैं बच्चे अहमदाबाद के गीता मंदिर बस स्टैंड से बैठे थे। ये बस भाभर से चली थी। बच्चों में एक 9 साल का व दूसरा 5 साल का बालक और 5 साल की एक बालिका है। बालिका ने बताया, वह वाडीनाथ चौक अहमदाबाद के रहने वाले हैं। गुजरात के किसी गणेशगंज गांव जाने के लिए बस में बैठे थे, लेकिन बस से इंदौर तक आ गए। पुलिस व कंडक्टर की मदद से बच्चों को सुरक्षित रख उनके क्षेत्र के थानों में संपर्क कर जानकारियां भेजी हैं। बताते हैं देर रात पुलिस ने तीनों बच्चों को परिजन के हवाले कर दिया है। वे उन्हें लेकर चले गए हैं। बच्चों ने अपने नाम आराधना, भारत और बाबू बताए। ये बच्चे बाड़ीनाथ चौक के रहने वाले हैं। ये गणेशगंज गांव जाने के लिए गलत बस में सवार हो गए। बाद में बच्चों को परिजन तक पहुंचाया गया।
गोल ना कर पाने के बाद एमबाप्पे ने मैनेजर को कोसा, खो सकते हैं गोल्डन बूट
फ्रांस का लगातार तीसरा बार FIFA World Cup के फाइनल में पहुंचने का सपना टूट गया। वही टूर्नामेंट में आठ गोल करने वाले कीलियन एमबापे इस मैच में गोल नहीं कर पाये और वह गोल्डन बूट की दौड लियोनेल मेसी (8 गोल) के साथ बराबरी पर है।स्टार फुटबॉल खिलाड़ी एमबापे ने FIFA World Cup 2026 के सेमीफाइनल में मंगलवार को स्पेन से फ्रांस की 2-0 से हार के बाद अपनी टीम मैनेजर दिदिएर डेसचैम्प्स के दृष्टिकोण और रणनीति की आलोचना की। मैच के बाद एमबापे ने कहा, “मिडफील्ड में हम तीन के मुकाबले दो पर थे और स्पेन के खिलाफ खेलना मुश्किल था। फैबियन और रोड्रि को खेलने के लिए काफी समय मिला। प्रेसिंग में तालमेल की कमी थी। मुझे लगता है कि हमें मैन-टू-मैन प्रेसिंग करनी चाहिए थी और उन्हें हमारे साथ दौड़ने के लिए मजबूर करना चाहिए था।” Mbappe in the first half vs Spain pic.twitter.com/qhaU4ZAMcZ — Footy Humour (@FootyHumour) July 14, 2026 उन्होंने कहा, “हमने वो खेल नहीं खेल पाये जो हम खेलना चाहते थे, तकनीकी और रणनीतिक दोनों ही दृष्टि से। जब आप विश्व कप सेमीफाइनल में वो नहीं करते जो आपको करना चाहिए, तो आप जीत नहीं सकते। स्पेन ने उनकी खेल योजना और टीम की सामान्य रणनीति का सम्मान किया। उन्हें गेंद पर नियंत्रण और खेल की गति बनाए रखना पसंद है। हमारी योजना उन्हें आगे से दबाव में खेलने की थी ताकि वे अपनी लय न बना सकें। खेल को नियंत्रित करने में वे हमसे बेहतर हैं। हम ऐसा नहीं कर पाए। तकनीकी रूप से हम बहुत लापरवाह थे। जब हम उन्हें नुकसान पहुंचा सकते थे, तब हम ऐसा नहीं कर पाए।” उन्होंने कहा, “जब हमने गेंद वापस हासिल की, तब भी हमारे पहले टच अच्छे नहीं थे। इसी वजह से हार मिली। यह बहुत निराशाजनक है। लेकिन अगर हम निष्पक्ष होकर देखें, तो फाइनल में पहुंचने के लिए हमारे पास सभी जरूरी चीजें मौजूद नहीं थीं।”
शुक्र का पूर्वाफाल्गुनी नक्षत्र में गोचर, किसे मिलेगा लाभ और किसे रहना होगा सतर्क?
ज्योतिष डेस्क: ज्योतिष शास्त्र में सुख, समृद्धि, सौंदर्य, प्रेम और भौतिक सुखों के कारक माने जाने वाले शुक्र देव 16 जुलाई 2026 को एक बड़ा नक्षत्र परिवर्तन करने जा रहे हैं। शुक्र देव वर्तमान में सूर्य की राशि सिंह में गोचर कर रहे हैं और इसी राशि में रहते हुए वे मघा नक्षत्र से निकलकर पूर्वाफाल्गुनी नक्षत्र में प्रवेश करेंगे। विशेष बात यह है कि पूर्वाफाल्गुनी नक्षत्र के स्वामी स्वयं शुक्र देव ही हैं। अपने ही नक्षत्र में शुक्र का आना बेहद शक्तिशाली और शुभ माना जाता है। शुक्र देव इस नक्षत्र में 29 जुलाई 2026 तक विराजमान रहेंगे, जिसके बाद वे उत्तराफाल्गुनी नक्षत्र में गोचर कर जाएंगे (जहाँ वे 11 अगस्त तक रहेंगे)। आइए जानते हैं कि शुक्र के इस स्व-नक्षत्र (पूर्वाफाल्गुनी) में प्रवेश करने से सभी 12 राशियों के जीवन पर क्या प्रभाव पड़ने वाला है। मेष राशि (Aries) मेष राशि के जातकों के लिए शुक्र का यह गोचर प्रेम संबंधों में प्रगाढ़ता लाएगा। जो लोग सिंगल हैं, उनके जीवन में किसी खास की एंट्री हो सकती है। कला, मीडिया और रचनात्मक क्षेत्र से जुड़े लोगों को बड़ी सफलता मिलेगी। आर्थिक स्थिति में सुधार होगा। वृषभ राशि (Taurus) चूंकि शुक्र आपकी राशि के स्वामी हैं, इसलिए यह गोचर आपके लिए सुख-सुविधाओं को बढ़ाने वाला रहेगा। भूमि, भवन या नया वाहन खरीदने के योग बनेंगे। पारिवारिक जीवन में खुशहाली आएगी और माता के साथ संबंध मजबूत होंगे। कार्यक्षेत्र में आपकी तारीफ होगी। मिथुन राशि (Gemini) मिथुन राशि वालों के पराक्रम और आत्मविश्वास में वृद्धि होगी। छोटी दूरी की यात्राएं फलदायी साबित होंगी। भाई-बहनों का पूरा सहयोग मिलेगा। लेखन, पत्रकारिता या संचार के क्षेत्र से जुड़े लोगों के लिए समय बेहद शानदार है। आर्थिक लाभ के नए अवसर मिलेंगे। कर्क राशि (Cancer) कर्क राशि वालों के लिए यह समय धन संचय (बचत) करने का है। आपकी वाणी में मधुरता आएगी, जिससे आप बिगड़े काम बना लेंगे। पैतृक संपत्ति से लाभ होने की संभावना है। परिवार में किसी मांगलिक कार्य का आयोजन हो सकता है। खान-पान का शौक बढ़ेगा। सिंह राशि (Leo) शुक्र आपकी ही राशि में गोचर कर रहे हैं और अब अपने नक्षत्र में आ रहे हैं। इससे आपके व्यक्तित्व में गजब का आकर्षण देखने को मिलेगा। लोग आपकी तरफ खिंचे चले आएंगे। समाज में मान-सम्मान बढ़ेगा। व्यापार में बड़ा मुनाफा हो सकता है। दांपत्य जीवन में मधुरता रहेगी। कन्या राशि (Virgo) कन्या राशि वाले जातकों के भौतिक सुख-साधनों पर खर्च बढ़ सकते हैं। विदेश यात्रा या विदेशी स्रोतों से लाभ के योग बन रहे हैं। हालांकि, आपको अपने बजट का ध्यान रखना होगा। जीवनसाथी के स्वास्थ्य को लेकर थोड़ा सतर्क रहें। कोर्ट-कचहरी के मामलों में सफलता मिल सकती है। तुला राशि (Libra) तुला राशि के जातकों के लिए यह गोचर किसी वरदान से कम नहीं है। आपकी आमदनी में जबरदस्त बढ़ोतरी देखने को मिलेगी। लंबे समय से अटका हुआ धन वापस मिल सकता है। बड़े भाई-बहनों और मित्रों का सहयोग मिलेगा। आपकी कोई बड़ी महत्वाकांक्षा पूरी हो सकती है। वृश्चिक राशि (Scorpio) कार्यक्षेत्र (Job & Business) में आपको मनमुताबिक परिणाम मिलेंगे। नौकरी में पदोन्नति (Promotion) और वेतन वृद्धि के योग हैं। अधिकारियों के साथ आपके संबंध बेहतर होंगे। यदि नया व्यवसाय शुरू करना चाहते हैं, तो यह समय अनुकूल है। सामाजिक प्रतिष्ठा में वृद्धि होगी। धनु राशि (Sagittarius) धनु राशि वालों का झुकाव अध्यात्म की ओर बढ़ेगा। भाग्य का पूरा साथ मिलने से आपके रुके हुए काम गति पकड़ेंगे। लंबी दूरी की यात्रा या तीर्थ यात्रा के योग हैं। उच्च शिक्षा के लिए प्रयासरत छात्रों को सफलता मिलेगी। पिता और गुरुजनों का आशीर्वाद प्राप्त होगा। मकर राशि (Capricorn) मकर राशि वालों को इस दौरान थोड़ा संभलकर रहने की आवश्यकता है। अचानक धन लाभ या धन हानि दोनों की स्थिति बन सकती है। गुप्त धन या लॉटरी से लाभ हो सकता है, लेकिन निवेश सोच-समझकर करें। स्वास्थ्य के प्रति सचेत रहें और वाहन चलाते समय सावधानी बरतें। कुंभ राशि (Aquarius) यह समय आपके दांपत्य जीवन (Married Life) के लिए बेहद खूबसूरत रहने वाला है। जीवनसाथी के साथ रिश्ते मजबूत होंगे और यदि कोई विवाद चल रहा था, तो वह समाप्त होगा। व्यापार में साझेदारी (Partnership) से बड़ा लाभ हो सकता है। रोज़गार के नए अवसर मिलेंगे। मीन राशि (Pisces) मीन राशि के जातकों को अपने विरोधियों और शत्रुओं पर विजय प्राप्त होगी। हालांकि, सुख-सुविधाओं पर अत्यधिक खर्च के कारण थोड़ा तनाव हो सकता है। स्वास्थ्य के लिहाज से समय मिलाजुला रहेगा, विशेषकर खान-पान पर नियंत्रण रखें। वाद-विवाद से दूर रहें। उपाय: शुक्र देव के इस गोचर का शुभ फल बढ़ाने के लिए शुक्रवार के दिन सफेद वस्तुओं (जैसे चावल, चीनी, या दूध) का दान करें और माता लक्ष्मी की पूजा करें।
बर्मिंघम में क्रिकेट मैच का लुत्फ उठाते दिखे कृति सेनन-कबीर बहिया, डेटिंग की खबरों ने फिर पकड़ा जोर
नेशनल अवार्ड विनर एक्ट्रेस कृति सेनन इन दिनों अपनी प्रोफेशनल और पर्सनल लाइफ दोनों को लेकर लाइमलाइट में हैं। कृति का नाम बीते काफी समय से यूके बेस्ड बिजनेसमैन कबीर बहिया संग जुड़ रहा है। दोनों को कई बार साथ में टाइम स्पेंड करते स्पॉट किया गया। हालांकि उन्होंने कभी अपने रिश्ते को लेकर ऑफिशियल अनाउंस नहीं किया है। अब हाल ही में कृति सेनन और कबीर बाहिया को इंग्लैंड में बर्मिंघम के एजबेस्टन क्रिकेट स्टेडियम में साथ में बेहद खुशमिजाज अंदाज में देखा गया है। सोशल मीडिया पर आग की तरह फैल रही इस तस्वीर को खुद कबीर बहिया ने अपने आधिकारिक इंस्टाग्राम हैंडल की स्टोरी पर साझा किया। बर्मिंघम में चल रहे एक रोमांचक वनडे मैच के दौरान यह कपल अपने कुछ करीबी और कॉमन दोस्तों के साथ स्टैंड्स में बैठकर मैच का लुत्फ उठा रहा था। तस्वीर में दोनों का स्टाइल स्टेटमेंट भी देखने लायक था। कृति और कबीर के साथ क्रिकेटर महेंद्र सिंह धोनी और उनकी फैमिली भी बैठी हुई थी। KRITI SANON AND KABIR BAHIA AT EDGBASTON STADIUM #ENGvsIND #Kritisanon #kabirbahia pic.twitter.com/95wnopWTNm — Sahil (@SahilSinghadiya) July 14, 2026 'कॉकटेल 2' की सफलता का जश्न मना रहीं कृति सेनन ने इस स्पोर्टी आउटिंग के लिए एक वाइब्रेंट ग्रीन टॉप और व्हाइट पैंट्स को चुना था। वहीं, कबीर बहिया ने कृति के साथ कमाल की ट्विनिंग करते हुए व्हाइट टी-शर्ट के ऊपर ब्राउन लेदर जैकेट कैरी की हुई थी। बॉलीवुड की अन्य लेटेस्ट खबर पढ़ने के लिए क्लिक करें बता दें कि कृति सेनन और कबीर बहिया के रिश्ते की खबरें सबसे पहले तब सुर्खियों में आईं, जब दोनों को कृति की बहन नूपुर सेनन और सिंगर स्टेबिन बेन के विवाह समारोह में एक साथ देखा गया था। इसके बाद से ही दोनों को कई अंतरराष्ट्रीय वेकेशंस, फैमिली फंक्शन्स और पार्टियों में एक साथ स्पॉट किया जाता रहा है। वर्कफ्रंट की बात करें तो कृति सेनन इस समय अपनी हालिया रिलीज फिल्म 'कॉकटेल 2' की शानदार सफलता का आनंद ले रही हैं। शाहिद कपूर और रश्मिका मंदाना के साथ इस फिल्म में कृति की एक्टिंग और स्क्रीन प्रेजेंस की जमकर तारीफ हो रही है।
मणिपुर में सुरक्षाबलों के कैंप पर हमला, भीड़ ने कई गाड़ियों में लगाई आग
Attack on security force camp : मणिपुर के सेनापति जिले के एक इलाके में सुरक्षाबलों द्वारा मंगलवार को तलाशी अभियान चलाए जाने के कुछ घंटों बाद ही भीड़ ने सुरक्षाबलों के कैंप पर पथराव किया, असम राइफल्स के शिविर में तोड़फोड़ की और सुरक्षाकर्मियों की 3 गाड़ियों में आग लगा दी। हिंसा के दौरान असम राइफल्स के एक हल्के वाहन को आग लगा दी गई। इसके अलावा 2 ट्रकों को पलटकर क्षतिग्रस्त कर दिया गया। इस दौरान एक नागरिक की कार भी आग की चपेट में आ गई। मणिपुर के सेनापति जिले के एक इलाके में सुरक्षाबलों द्वारा मंगलवार को तलाशी अभियान चलाए जाने के कुछ घंटों बाद ही भीड़ ने सुरक्षाबलों के कैंप पर पथराव किया, असम राइफल्स के शिविर में तोड़फोड़ की और सुरक्षाकर्मियों की 3 गाड़ियों में आग लगा दी। हिंसा के दौरान असम राइफल्स के एक हल्के वाहन को आग लगा दी गई। ALSO READ: मणिपुर में भारी बवाल : म्यांमार सीमा पार कर आए उग्रवादियों का तंगखुल नागा गांवों पर हमला, चर्च और दर्जनों घर फूंके इसके अलावा 2 ट्रकों को पलटकर क्षतिग्रस्त कर दिया गया। इस दौरान एक नागरिक की कार भी आग की चपेट में आ गई। खबरों के अनुसार, ओकलांग के मकुइलॉन्गडी इलाके में हथियारबंद काडरों की मौजूदगी की विश्वसनीय खुफिया जानकारी मिलने के बाद असम राइफल्स ने इलाके में गश्त और तलाशी अभियान शुरू किया था। ALSO READ: मणिपुर में फिर भड़की हिंसा, उग्रवादियों ने कई घरों को फूंका, प्रशासन ने लगाया कर्फ्यू अभियान के दौरान असम राइफल्स की टुकड़ियां मकुइलॉन्गडी और ओकलांग गांवों की ओर बढ़ीं लेकिन उन्हें वहां के निवासियों ने रोक दिया। इनमें महिलाएं भी शामिल थीं। स्थिति को नियंत्रित करने में सुरक्षाकर्मियों की मदद के लिए सेनापति पुलिस और केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (CRPF) को तुरंत तैनात किया गया है। ALSO READ: अमरनाथ यात्रा को क्षति पहुंचाने की साजिश, सुरक्षाबलों ने किया आतंकी षड्यंत्र का भंडाफोड़, लापता 3 युवकों समेत 5 गिरफ्तार खुफिया रिपोर्ट और सोशल मीडिया पोस्ट से पता चला था कि कुछ हथियारबंद उग्रवादी निर्धारित कैंपों से बाहर हथियार और वर्दी के साथ घूम रहे थे। इसे संघर्षविराम (सीजफायर) के नियमों का उल्लंघन माना गया। फिलहाल मामले की जांच की जा रही है।
बॉलीवुड के 'मिस्टर परफेक्शनिस्ट' आमिर खान तीसरी शादी के बाद से ही विवादों में घिरे हुए हैं। गौरी स्प्रैट के साथ हाल ही में शादी के बंधन में बंधे आमिर खान कानूनी रूप से तो एक हो चुके हैं, लेकिन मजहबी गलियारों में इसे लेकर एक नया विवाद खड़ा हो गया है। मुस्लिम पर्सनल दारुल इफ्ता के एक शाही चीफ मुफ्ती मौलाना इफराहिम हुसैन ने इस शादी पर कड़ा ऐतराज जताते हुए एक फतवा जारी किया है, जिसके बाद सोशल मीडिया से लेकर समाज के विभिन्न हिस्सों में बहस छिड़ गई है। मौलाना ने कहा कि इस्लाम में गैर-मुस्लिम महिला से शादी करना जायज नहीं माना जाता और ऐसा करने वाला शख्स शरीयत के अनुसार गुनहगार होगा। ALSO READ: 'लव जिहाद' के आरोपों पर आमिर खान ने तोड़ी चुप्पी, बताया किस धर्म से हैं तीसरी पत्नी गौरी स्प्रैट? न्यूज एजेंसी एएनआई (ANI) की रिपोर्ट के मुताबिक, मौलाना ने कहा कि मुस्लिम मर्द के लिए, ईमान वालों के लिए, गैर-मुस्लिम से शादी करना हराम है। इस तरह के फैसले इस्लाम और शरीयत की शिक्षाओं के अनुरूप नहीं हैं। ऐसे कदमों से इस्लाम के नाम को नुकसान पहुंचाता है और समाज में गलत संदेश जाता है। इसके साथ ही उन्होंने शादियों की संख्या और पारिवारिक जिम्मेदारियों पर भी सवाल उठाए। मौलाना ने कहा कि अगर कोई व्यक्ति अपनी पिछली शादियों की जिम्मेदारियों को सही तरीके से निभाने में असमर्थ है, तो उसे अगली शादी नहीं करनी चाहिए। आमिर खान का नाम लेते हुए उन्होंने कहा कि समाज में इस तीसरी शादी को लेकर विरोध देखा जा रहा है और मजहबी तौर पर इसे गुनाह माना जाएगा। आमिर खान और गौरी स्प्रैट ने 5 जुलाई 2026 को एक बेहद निजी समारोह में स्पेशल मैरिज एक्ट के तहत कोर्ट मैरिज की है। इससे पहले आमिर खान ने पहली शादी रीना दत्ता से की थी, जिससे उनके दो बच्चे हैं— जुनैद खान और इरा खान। साल 2002 में आपसी सहमति से दोनों का तलाक हो गया था। इसके बाद साल 2005 में आमिर ने फिल्ममेकर किरण राव से शादी की। साल 2021 में इस कपल ने अलग होने का फैसला किया।
अमेरिकी महंगाई घटते ही शेयर बाजार में लौटी रौनक, सेंसेक्स 539 अंक उछला, निफ्टी 24,200 के पार
Share Market 15 July : पश्चिम एशिया में बढ़ते सैन्य और भू-राजनीतिक तनाव और कच्चे तेल की कीमतों में उछाल के बीच अमेरिका में महंगाई घटने से आज भारतीय शेयर बाजार की शुरुआत जोरदार तेजी के साथ हुई। शुरुआती कारोबार में सेंसेक्स और निफ्टी में अच्छी बढ़त दिखाई दी। ALSO READ: E20 पर नितिन गडकरी का बड़ा बयान: 100% पेट्रोल चाहिए तो ज्यादा कीमत चुकानी होगी सुबह 10:48 बजे बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज का प्रमुख इंडेक्स सेंसेक्स 539 अंक उछलकर 77594 के स्तर पर पहुंच गया। नेशनल स्टॉक एक्सचेंज का निफ्टी भी 150 अंकों की बढ़त के साथ 24200 के मनोवैज्ञानिक स्तर के पार निकल गया। फाइनेंशियल सर्विसेज और बैंकिंग शेयरों के साथ ही ऑटो, मैन्युफैक्चरिंग, कंज्यूमर ड्यूरेबल्स और रियल्टी सेक्टर्स के शेयर भी हरे निशान में दिखाई दिए। चौतरफा तेजी के बीच IT और मेटल सेक्टर में आज सुस्ती दिखाई दी। अमेरिका में कम हुई महंगाई अमेरिका में महंगाई कम होने से भारतीय शेयर बाजार में आज सुबह उछाल आया। महंगाई दर में कमी से फेडरल रिजर्व द्वारा ब्याज दरों में बढ़ोतरी की संभावना कम हो गई। इस वजह से वैश्विक बाजारों में सकारात्मक माहौल बन गया और निवेशकों ने खरीदारी में दिलचस्पी दिखाई। क्या है रुपए और कच्चे तेल का हाल? शुरुआती कारोबार में रुपया अमेरिकी डॉलर के मुकाबले 6 पैसे मजबूत होकर 96.10 पर पहुंच गया। अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमत बढ़कर 85 डॉलर प्रति बैरल के करीब पहुंच गई। ब्रेट क्रूड 85.74 डॉलर प्रति बैरल तो WTI क्रूड की कीमत 80.09 डॉलर प्रति बैरल हुई। गौरतलब है कि पश्चिम एशिया में तनाव बढ़ने और कच्चे तेल की कीमतें बढ़ने से मंगलवार को सेंसेक्स 561 अंक गिरकर 77055 पर बंद हुआ था। वहीं निफ्टी भी 159 अंकों की गिरावट के साथ 24,052 पर बंद हुआ। ALSO READ: होर्मुज पर हमले से सहमा शेयर बाजार, Sensex 561 अंक लुढ़का, Nifty में भी आई गिरावट अस्वीकरण : यह लेख केवल सूचना के उद्देश्य से है। यह कोई निवेश सलाह नहीं है। किसी भी निवेश से पहले अपने वित्तीय सलाहकार से परामर्श जरूर लें।
'लव जिहाद' के आरोपों पर आमिर खान ने तोड़ी चुप्पी, बताया किस धर्म से हैं तीसरी पत्नी गौरी स्प्रैट?
बॉलीवुड के 'मिस्टर परफेक्शनिस्ट' आमिर खान ने 61 साल की उम्र में गौरी स्प्रैट संग तीसरी शादी रचाई है। शादी के बाद से ही आमिर खान विवादों में घिरे हुए हैं। कई हिंदू संगठनों ने उनपर लव जिहाद का आरोप लगाया है। आमिर पर 'लव जिहाद का ब्रांड एंबेसडर' होने के आरोप लगाए जा रहे हैं। अब इन गंभीर आरोपों पर आमिर खान ने चुप्पी तोड़ते हुए बेहद बेबाक और कड़ा रुख अपनाया है। डेक्कन क्रॉनिकल संग बात करते हुए आमिर खान ने इन आरोपों को सिरे से खारिज करते हुए कहा कि उनका परिवार हमेशा से बहुसांस्कृतिक और समावेशी रहा है, जहां हर धर्म का सम्मान किया जाता है। ALSO READ: जापान में रणवीर सिंह की ‘धुरंधर’ को झटका, पहले दिन सिर्फ 900 दर्शक पहुंचे थिएटर आमिर खान ने कहा, मेरी दोनों बहनों की शादी हिंदुओं से हुई है। मेरी बेटी की शादी भी एक हिंदू से हुई है। मेरे चचेरे भाई मंसूर ने एक ईसाई महिला से शादी की है। गौरी, रीना और किरण ने मुझसे शादी करते समय अपना धर्म नहीं बदला, क्योंकि हमारी शादी सिविल मैरिज थी। आमिर ने आगे कहा, गौरी हिंदू नहीं हैं, वो ईसाई हैं। वह बहुत ज्यादा धार्मिक रीति-रिवाजों को नहीं मानतीं। जैसे-जैसे समय बीत रहा है, जिंदगी और भी ज्यादा कॉमिकल होती जा रही है। उनके परिवार में रिश्तों को धर्म के चश्मे से नहीं, बल्कि आपसी प्यार और सम्मान के आधार पर देखा जाता है। बता दें कि आमिर खान और गौरी स्प्रैट एक-दूसरे को पिछले 25 सालों से जानते हैं। हालांकि, बीच में दोनों का संपर्क टूट गया था। लगभग दो साल पहले आमिर की कजिन नुजहत खान के जरिए बेंगलुरु में दोनों की दोबारा मुलाकात हुई। धीरे-धीरे यह दोस्ती प्यार में बदल गई। पिछले साल मार्च में आमिर खान ने अपने 60वें जन्मदिन के मौके पर गौरी को आधिकारिक तौर पर मीडिया से मिलवाया था। दो साल तक डेट करने के बाद, दोनों ने 5 जुलाई को मुंबई में एक सादे समारोह में शादी कर ली। यह आमिर खान की तीसरी शादी है। इससे पहले उन्होंने 1986 में रीना दत्ता से शादी की थी, जिससे 2002 में उनका तलाक हो गया। इसके बाद 2005 में उन्होंने फिल्म निर्माता किरण राव से शादी की। साल 2021 में आपसी सहमति से दोनों ने अलग होने का फैसला किया, लेकिन आज भी दोनों अच्छे दोस्त हैं और मिलकर अपने बेटे आजाद की परवरिश कर रहे हैं।
Jagannath Rath Yatra 2026: जगन्नाथ यात्रा के लिए उमड़े लाखों श्रद्धालु
ओडिशा के पुरी में विश्व प्रसिद्ध जगन्नाथ रथ यात्रा 2026 को लेकर तैयारियां पूर्ण हो चुकी हैं। भगवान जगन्नाथ की मुख्य रथ यात्रा कल यानी 16 जुलाई 2026 (गुरुवार) से शुरू होगी। इस दिन भगवान अपने भाई बलभद्र और बहन सुभद्रा के साथ अपने भव्य रथों पर सवार होकर गुंडिचा मंदिर (अपनी मौसी के घर) के लिए प्रस्थान करेंगे। इस यात्रा में शामिल होने के लिए लाखों की संख्या में लोग उमड़े हैं। यात्रा से ठीक पहले पुरी के गजपति महाराज सोने की झाड़ू से रथ के मार्ग की सफाई करने की 'छेरा पहरा' रस्म निभाएंगे। आज का मुख्य अनुष्ठान: नबजौबन दर्शन और नेत्रोत्सव:- नबजौबन दर्शन (15 जुलाई): स्नान पूर्णिमा के बाद भगवान जगन्नाथ, भाई बलभद्र और देवी सुभद्रा 15 दिनों के एकांतवास (अनासरा) में थे। आज यानी 15 जुलाई को भगवान ठीक होने के बाद पहली बार भक्तों को दर्शन दे रहे हैं, जिसे 'नबजौबन दर्शन' कहा जाता है। नेत्रोत्सव: आज ही के दिन भगवान की आंखों की पुतलियों को अंतिम रूप से रंगने की 'नेत्रोत्सव' रस्म भी निभाई जा रही है, जिसके बाद भगवान पूरी तरह दर्शन के लिए तैयार हो जाएंगे। पुरी में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ रही है और प्रशासन ने सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए हैं। ALSO READ: पुरी जगन्नाथ रथयात्रा 2026: तारीख, संपूर्ण शेड्यूल और यात्रा गाइड कल से शुरू होगी मुख्य रथ यात्रा (16 जुलाई):- भगवान जगन्नाथ की मुख्य रथ यात्रा कल यानी 16 जुलाई 2026 (गुरुवार) से शुरू होगी। इस दिन भगवान अपने भाई बलभद्र और बहन सुभद्रा के साथ अपने भव्य रथों पर सवार होकर गुंडिचा मंदिर (अपनी मौसी के घर) के लिए प्रस्थान करेंगे। यात्रा से ठीक पहले पुरी के गजपति महाराज सोने की झाड़ू से रथ के मार्ग की सफाई करने की 'छेरा पहरा' रस्म निभाएंगे। रथ खींचने की शुरुआत कल सुबह 05:33 बजे से दोपहर 12:00 बजे के शुभ मुहूर्त के बीच की जाएगी। यात्रा से ठीक पहले पुरी के गजपति महाराज सोने की झाड़ू से रथ के मार्ग को साफ करने की पवित्र 'छेरा पहरा' रस्म निभाएंगे। रथ यात्रा 2026 का पूरा शेड्यूल:- 15 जुलाई 2026: नबजौबन दर्शन और नेत्रोत्सव- एकांतवास के बाद भगवान का पहला सार्वजनिक दर्शन। 16 जुलाई 2026: मुख्य रथ यात्रा- श्रीमंदिर से गुंडिचा मंदिर के लिए रथों का प्रस्थान। 20 जुलाई 2026: हेरा पंचमी का अनुष्ठान होगा, जिसमें माता लक्ष्मी भगवान जगन्नाथ को खोजने गुंडिचा मंदिर जाती हैं। 23 जुलाई 2026: सुना बेष (स्वर्ण आभूषण रस्म) आयोजित होगी, जिसमें भगवान को करोड़ों के सोने के भारी आभूषणों से सजाया जाता है। 24 जुलाई 2026: बहुड़ा यात्रा (रथों की वापसी) होगी, जब नौ दिनों के प्रवास के बाद भगवान वापस मुख्य मंदिर लौटेंगे। 27 जुलाई 2026: नीलाद्रि बीजे अनुष्ठान के साथ इस पूरे महाउत्सव का समापन होगा और भगवान वापस अपने रत्न सिंहासन पर विराजमान हो जाएंगे। 28 जुलाई 2026: नीलाद्रि बिजय- भगवान का वापस अपने मुख्य गर्भगृह में प्रवेश करना। ALSO READ: जगन्नाथ मंदिर गए हैं? इन 3 पवित्र स्थानों के दर्शन किए बिना यात्रा मानी जाती है अधूरी सुरक्षा और व्यवस्था: पुरी जिला प्रशासन और पुलिस ने लाखों श्रद्धालुओं की सुरक्षा, ट्रैफिक रूटिंग और भीषण गर्मी को देखते हुए पीने के पानी और मेडिकल हेल्प की विशेष व्यवस्था की है। भीषण गर्मी और उमस को देखते हुए पुरी जिला प्रशासन और पुलिस ने श्रद्धालुओं के लिए विशेष इंतजाम किए हैं। पूरे रथ मार्ग (बड़ा डांड) पर पीने के पानी, ओआरएस (ORS) और मेडिकल कैंप की व्यवस्था की गई है। सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने के लिए भारी संख्या में पुलिस बल तैनात किया गया है और सीसीटीवी कैमरों से निगरानी रखी जा रही है। पुरी के अलावा दिल्ली, बेंगलुरु और अहमदाबाद जैसे शहरों में भी कल रथ यात्रा धूमधाम से निकाली जाएगी। ALSO READ: जगन्नाथ रथ यात्रा 2026: पुरी जाने से पहले जान लें ये 5 जरूरी नियम
अक्षर ने गेंद और बल्ले से भारत को दिलाई इंग्लैंड पर पहले वनडे में 6 विकेट से जीत
ENGvsIND कप्तान शुभमन गिल (80 रिटायर्ड हर्ट) की शानदार पारी, अक्षर पटेल (चार विकेट और नाबाद 57) के बेहतरीन हरफनमौला प्रदर्शन और वाशिंगटन सुंदर (नाबाद 52) के अर्धशतक की बदौलत भारत ने अपनी लगातार हार का सिलसिला तोड़ते हुए इंग्लैंड को पहले वनडे में मंगलवार को 28 गेंद शेष रहते छह विकेट से हराकर सीरीज में 1-0 की बढ़त बना ली। इंग्लैंड ने जो रूट (नाबाद 76) और लियाम डासन (68) ने बेहतरीन अर्धशतकों से नाजुक स्थिति से उबरते हुए 47.5 ओवर में 258 रन का स्कोर बनाया। लेकिन भारत ने 45.2 ओवर में चार विकेट पर 262 रन बनाकर जीत अपने नाम की। भारत इससे पहले आयरलैंड में दो टी20 और इंग्लैंड में लगातार चार टी20 हार गया था। भारत ने इस वनडे में शानदार जीत से लगातार हार का सिलसिला तोड़ दिया। भारत की इस जीत के नायक रहे गिल और बापू के नाम से मशहूर अक्षर पटेल। गिल ने 75 गेंदों पर 80 रन की आतिशी पारी में 11 चौके और एक छक्का लगाया। ‘प्लेयर ऑफ द मैच’ बने अक्षर ने 52 गेंदों पर नाबाद 57 रन में पांच चौके और एक छक्का लगाया। वाशिंगटन सुंदर ने 63 गेंदों पर नाबाद 52 रन में चार चौके और एक छक्का लगाया। अक्षर ने इससे पहले इंग्लैंड की पारी में आखिरी चारों विकेट झटकते हुए मेजबान की पारी 47.5 ओवर में 258 रन पर समेट दी थी। अनुभवी बल्लेबाज रोहित शर्मा (11) और विराट कोहली (5) के सस्ते में आउट हो जाने के बाद गिल ने श्रेयस अय्यर (35) के साथ 101 रन की बेहतरीन साझेदारी कर भारत को जीत की पटरी पर डाल दिया था। गिल ने इससे पहले रोहित के साथ ओपनिंग साझेदारी में 43 रन जोड़े थे।अक्षर पटेल ने सुंदर के साथ 102 रन की मैच विजयी अविजित साझेदारी की। India go 1-0 up against England with an impressive win in the opening ODI : https://t.co/8etf98eODb pic.twitter.com/zIvuUOC35y — ICC (@ICC) July 14, 2026 भारतीय टीम ने आख़िरकार इस बार के इंग्लैंड दौरे पर पहली जीत हासिल कर ली। मैच में पहले गेंदबाज़ों ने बेहतरीन प्रदर्शन करते हुए इंग्लैंड 258 के स्कोर पर रोक दिया था। उसके बाद कप्तान गिल, अक्षर और वॉशिंगटन के अर्धशतकों ने भारत को जीत तक पहुंचा दिया। 2022 के बाद से इंग्लैंड के ख़िलाफ़ यह भारत की छठी वनडे जीत है। भारतीय तेज गेंदबाजों गुरनूर बराड़, प्रसिद्ध कृष्णा और जसप्रीत बुमराह ने कहर बरपाते हुए इंग्लैंड का स्कोर छह विकेट पर 107 रन कर दिया। लेफ्ट आर्म स्पिनर अक्षर पटेल ने आखिर में चार विकेट लेकर इंग्लैंड को 258 रन पर ढेर कर दिया, इंग्लैंड ने 30 रन जोड़कर अपने अंतिम चार विकेट गंवाए। इंग्लैंड की बल्लेबाज़ी मुख्यत: तीन चरणों में रही। पहले सलामी बल्लेबाज़ों ने पहले छह-सात ओवर में काफ़ी अच्छा संयम दिखाते हुए अटैक किया। लेकिन उसके बाद उन्होंने गुच्छों में विकेट गंवाया। 107 के स्कोर पर छह विकेट गिर चुके थे। हालांकि उसके बाद जो रूट और डॉसन के बीच शतकीय साझेदारी हुई और परिणाम यह रहा कि उनकी टीम 260 के करीब पहुंचने में सफल रही। भारतीय टीम के तेज़ गेंदबाज़ों ने पहले कमाल की गेंदबाज़ी की। उसके बाद अक्षर पटेल ने चार विकेट झटक कर इंग्लैंड को 280 तक नहीं पहुंचने दिया। अक्षर ने 62 रन पर चार विकेट, प्रसिद्ध कृष्णा ने 50 रन पर दो विकेट, गुरनूर बराड़ ने 61 रन पर दो विकेट, बुमराह ने 31 रन पर एक विकेट और शिवम दुबे ने 27 रन पर एक विकेट लिया।
गर्मियों के अंत और मानसून की पहली फुहारों के साथ ही बाजारों में एक खास फल अपनी चमक बिखेरने लगता है—जामुन (Jamun)। गहरे बैंगनी रंग का यह छोटा सा फल न केवल स्वाद में लाजवाब है, बल्कि आयुर्वेद से लेकर आधुनिक मेडिकल साइंस तक इसे सेहत का खजाना माना गया है। जामुन की सबसे अनोखी बात यह है कि दुनिया भर में इसके 100 से भी ज्यादा नाम हैं।भारत समेत दुनिया के कई एशियाई देशों में इसे जाम्बुल (Jambul), जाम्बोलन (Jambolan), नवल, नवल पज़म, नेराले, राजमन, जामली और जाम्बलांग जैसे अनगिनत नामों से पुकारा जाता है। आज भारत दुनिया में जामुन के उत्पादन और निर्यात (Export) के मामले में सबसे शीर्ष पायदान पर है।इन देशों में है भारतीय जामुन की भारी डिमांडभारतीय जामुन के स्वाद और इसके औषधीय गुणों की दीवानी पूरी दुनिया है। भारत हर साल बड़े पैमाने पर निम्नलिखित देशों को जामुन का निर्यात करता है:खाड़ी देश: संयुक्त अरब अमीरात (UAE), सऊदी अरब, कतर, ओमान और कुवैत।अन्य वैश्विक बाजार: संयुक्त राज्य अमेरिका (USA), यूनाइटेड किंगडम (UK), कनाडा, सिंगापुर और ऑस्ट्रेलिया।महाराष्ट्र का 'बहाडोली जामुन' है सबसे खास, मिला है GI Tagयूं तो भारत के कई राज्यों में जामुन उगता है, लेकिन महाराष्ट्र के पालघर जिले के बहाडोली गांव में उगने वाले 'बहाडोली जामुन' की बात ही कुछ अलग है। इस वैरायटी को इसकी बेजोड़ गुणवत्ता और मिठास के लिए जीआई टैग (GI Tag - भौगोलिक संकेतक) मिला हुआ है।महाराष्ट्र देश में जामुन का सबसे बड़ा उत्पादक राज्य है। पालघर के अलावा ठाणे जिले का 'बदलापुर जामुन' भी अपनी एक अलग और प्रीमियम पहचान रखता है।देश के प्रमुख जामुन उत्पादक राज्यजामुन के उत्पादन में राज्यों की रैंकिंग इस प्रकार है:महाराष्ट्र: देश का नंबर वन जामुन का गढ़।उत्तर प्रदेश: उत्पादन और विभिन्न अनूठी प्रजातियों के मामले में दूसरे स्थान पर।अन्य प्रमुख राज्य: तमिलनाडु, गुजरात, असम, आंध्र प्रदेश और कर्नाटक।दिलचस्प फैक्ट: जामुन के पेड़ की औसत आयु लगभग 100 वर्ष होती है और ये 30 मीटर तक ऊंचे हो सकते हैं। ये पेड़ न केवल घनी और ठंडी छाया देते हैं, बल्कि दशकों तक फलों की बम्पर पैदावार भी करते हैं।आखिर महाराष्ट्र का कोंकण क्षेत्र कैसे बना जामुन का गढ़?महाराष्ट्र के पालघर और ठाणे जिले 'कोंकण क्षेत्र' (Konkan Region) के अंतर्गत आते हैं। इस तटीय क्षेत्र में जामुन की खेती सबसे सफल होने के पीछे कुछ प्राकृतिक कारण हैं:परफेक्ट क्लाइमेट: जामुन की फसल के लिए समशीतोष्ण और उष्णकटिबंधीय (Tropical) जलवायु सबसे उत्तम होती है। कोंकण की गर्म और नम हवा इसके विकास के लिए मुफीद है। इसके मजबूत पेड़ों पर तेज गर्मी या भारी बारिश का कोई बुरा असर नहीं पड़ता।बारिश का सही संतुलन: हर साल मानसून में जब जामुन पकने का समय आता है, तो कोंकण की तेज बारिश इसे पेड़ पर ही रसीला बनाने में मदद करती है। हालांकि, फूल आने के समय ज्यादा बारिश नुकसानदेह होती है, लेकिन यहाँ का मौसम इस संतुलन को बखूबी बनाए रखता है।आदर्श मिट्टी: कोंकण क्षेत्र की उपजाऊ दोमट मिट्टी और खेतों की बेहतरीन जल निकासी (Water Drainage) प्रणाली जामुन के पौधों की जड़ों को मजबूती देती है।क्यों कहा जाता है जामुन को 'सुपरफूड'? (Health Benefits)हेल्थलाइन (Healthline) की रिपोर्ट और आहार विशेषज्ञों के मुताबिक, जामुन पोषक तत्वों का पावरहाउस है। इसी वजह से वैश्विक स्तर पर इसे 'सुपरफूड' का दर्जा मिला हुआ है:डायबिटीज के मरीजों के लिए अमृत: जामुन को मधुमेह (Diabetes) के रोगियों के लिए सबसे रामबाण फल माना जाता है। इसके बीज और फल शरीर में ब्लड शुगर लेवल को नियंत्रित रखने में अत्यधिक मददगार होते हैं।एंटीऑक्सीडेंट्स और विटामिन्स की भरमार: इसमें प्रचुर मात्रा में विटामिन-ए, बी, बी1, बी6 और विटामिन-ई पाए जाते हैं।संतरे से 3 गुना ज्यादा विटामिन-सी: जामुन में संतरे की तुलना में 3 गुना अधिक विटामिन-सी होता है। यह आपकी रोग प्रतिरोधक क्षमता (Immunity) को फौलादी बनाता है, त्वचा को चमकदार रखता है और शरीर के अंदरूनी घावों को तेजी से भरता है।दर्द में राहत: यह जोड़ों के दर्द (Joint Pain) और मांसपेशियों की जकड़न को कम करने में भी असरदार साबित होता है।बदलते दौर में 'जामुन ड्रिंक' और प्रॉडक्ट्स का बढ़ता ट्रेंडफूड एक्सपर्ट्स का कहना है कि अब जामुन को केवल एक ताजे फल के तौर पर ही नहीं खाया जा रहा है, बल्कि मॉडर्न फूड इंडस्ट्री में इसके कई रूप लोकप्रिय हो रहे हैं। आज बाजार में जामुन के ड्राइड फ्रूट (सूखे फल), फ्रोजन पल्प, जूस, हेल्दी स्मूदी, वाइन और जैम की भारी मांग है, जो युवाओं के बीच एक नया हेल्थ ट्रेंड बन चुका है।
ईरान और अमेरिका समझौते के रास्ते से क्यों भटक गए?
अमेरिका और ईरान ने जून में जिस अंतरिम समझौते पर दस्तखत किए थे वह इन देशों के ताजा बैर से खतरे में पड़ गया है। मध्यपूर्व में अब शांति बहाली की प्रक्रिया कहां अटक गई?
Aaj Ka Rashifal: आज का दैनिक राशिफल: मेष से मीन तक 12 राशियों का राशिफल (15 जुलाई, 2026)
1. मेष राशि (Aries) Rashifal 15 July 2026: करियर: कार्यस्थल पर आपकी सूझबूझ से काम बनेंगे। कार्य में टीम का पूरा सहयोग मिलेगा। लव: पार्टनर के साथ अच्छा समय बीतेगा। धन: व्यापार में कोई नया सौदा मुनाफे का सौदा साबित होगा। स्वास्थ्य: मानसिक और शारीरिक रूप से आप खुद को चुस्त-दुरुस्त और ऊर्जावान महसूस करेंगे। उपाय: भगवान गणेश के 'ॐ गं गणपतये नमः' मंत्र का जाप करें। ALSO READ: जगन्नाथ मंदिर गए हैं? इन 3 पवित्र स्थानों के दर्शन किए बिना यात्रा मानी जाती है अधूरी 2. वृषभ राशि (Taurus) करियर: अपनी काम की प्राथमिकताओं को तय करें ताकि समय पर सब पूरा हो सके। लव: प्रेम जीवन में थोड़ा उतार-चढ़ाव आ सकता है। धन: कोई भी बड़ा निवेश करने से पहले अनुभवी लोगों की सलाह अवश्य लें। स्वास्थ्य: पीठ या कमर दर्द की समस्या हो सकती है। उपाय: बुधवार के दिन किसी गाय को हरी मूंग या हरा चारा खिलाएं। 3. मिथुन राशि (Gemini) करियर: आपकी कम्युनिकेशन स्किल से नई डील फाइनल हो सकती है। लव: पार्टनर के साथ पुरानी यादें ताजा होंगी और रिश्ता मजबूत होगा। धन: अटका हुआ पुराना पैसा वापस मिलने से आर्थिक राहत मिलेगी। स्वास्थ्य: शाम के समय हल्का व्यायाम या सैर आपको तरोताजा रखेगी। उपाय: किसी कन्या को हरे रंग के वस्त्र या चूड़ियां दान करें। 4. कर्क राशि (Cancer) करियर: वरिष्ठ अधिकारियों के साथ बात करते समय शब्दों का चयन सोच-समझकर करें। लव: मुश्किल परिस्थितियों में पार्टनर का सहारा आपको तसल्ली देगा। धन: आय के स्रोत बने रहने से संतुलन बना रहेगा। स्वास्थ्य: तनाव के कारण नींद न आने की समस्या हो सकती है। उपाय: भगवान शिव के मंदिर जाकर शिवलिंग पर जल और सफेद चंदन अर्पित करें। 5. सिंह राशि (Leo) करियर: राजनीति या सामाजिक कार्यों से जुड़े लोगों के मान-सम्मान में वृद्धि होगी। लव: लव पार्टनर के साथ किसी बात को लेकर जिद न करें। धन: शेयर बाजार या म्यूचुअल फंड में निवेश से अच्छा लाभ होने की उम्मीद है। स्वास्थ्य: पुरानी स्वास्थ्य समस्याओं में सुधार होगा। उपाय: तांबे के लोटे में जल भरकर सूर्य देव को अर्घ्य दें। 6. कन्या राशि (Virgo) करियर: नौकरीपेशा लोगों के लिए आज का दिन बेहतरीन रहेगा। लव: अविवाहित लोगों के जीवन में किसी नए व्यक्ति का आगमन हो सकता है। धन: बैंक बैलेंस बढ़ाने और भविष्य की योजनाएं बनाने के लिए दिन अनुकूल है। स्वास्थ्य: आप आंतरिक रूप से शांति और सकारात्मकता का अनुभव करेंगे। उपाय: बुधवार के दिन गणेश जी को बेसन के लड्डू का भोग लगाएं। ALSO READ: आषाढ़ गुप्त नवरात्रि 2026: 9 दिनों में किस देवी की करें पूजा? जानें हर दिन का महत्व और लाभ 7. तुला राशि (Libra) करियर: मीडिया के क्षेत्र में नई शुरुआत के योग हैं। लव: पार्टनर के साथ तनाव को शांत दिमाग से बात करके दूर करें। धन: ऑनलाइन शॉपिंग पर जेब ढीली हो सकती है। स्वास्थ्य: एलर्जी से जुड़ी कोई समस्या परेशान कर सकती है। उपाय: मां दुर्गा के मंदिर में जाकर कपूर जलाएं 8. वृश्चिक राशि (Scorpio) करियर: व्यापार में नए कॉन्ट्रैक्ट मिलने से मन प्रसन्न रहेगा। लव: जीवनसाथी के साथ कहीं बाहर डिनर का प्लान बन सकता है। धन: आपकी वित्तीय स्थिति में बड़ा सुधार आएगा। स्वास्थ्य: शारीरिक रूप से खुद को फिट महसूस करेंगे। उपाय: हनुमान जी के सामने चमेली के तेल का दीपक जलाएं और सिंदूर चढ़ाएं। 9. धनु राशि (Sagittarius) करियर: आज नए प्रोजेक्ट्स पर काम शुरू करने के लिए दिन अच्छा है। लव: पार्टनर के साथ आपके संबंध और प्रगाढ़ होंगे। धन: धन संचय (बचत) करने के प्रयास सफल रहेंगे। स्वास्थ्य: आज पाचन तंत्र थोड़ा कमजोर रह सकता है। उपाय: भगवान विष्णु की स्तुति करें। 10. मकर राशि (Capricorn) करियर: कार्यस्थल पर मेहनत के अनुसार परिणाम न मिलने से थोड़ी निराशा हो सकती है। लव: जीवनसाथी की व्यस्तता के कारण आपको कम समय मिल पाएगा। धन: आज किसी को बड़ा कर्ज या उधार देने से बचना ही श्रेयस्कर होगा। स्वास्थ्य: सिरदर्द की समस्या हो सकती है। उपाय: पक्षियों को दाना-पानी दें। 11. कुंभ राशि (Aquarius) करियर: जो लोग पार्टनरशिप में बिजनेस कर रहे हैं, उन्हें आज बड़ा फायदा हो सकता है। लव: लव पार्टनर के साथ आपसी तालमेल और भरोसा बढ़ेगा। धन: आय के नए स्रोत सामने आ सकते हैं। स्वास्थ्य: स्कूल की गतिविधियों में भाग लेने के लिए दिन अच्छा है। उपाय: गरीब या अनाथ बच्चों को पढ़ने की सामग्री दान करें। 12. मीन राशि (Pisces) करियर: नौकरी हेतु आज अच्छे ऑफर मिल सकते हैं। लव: एक-दूसरे की भावनाओं को बेहतर तरीके से समझ पाएंगे। धन: संपत्ति से जुड़ा कोई पुराना विवाद आज आपके पक्ष में सुलझ सकता है। स्वास्थ्य: अपनी दिनचर्या में थोड़ा वॉक जरूर शामिल करें। उपाय: भगवान विष्णु के मंदिर में पीले रंग के फल या मिठाई अर्पित करें। ALSO READ: आषाढ़ गुप्त नवरात्रि का पहला दिन: मां काली की पूजा विधि, मंत्र, आरती और 5 चमत्कारी उपाय
भीलवाड़ा में प्रेमी युगल ने पेड़ पर रस्सी बांधकर लगाई फांसी
भीलवाड़ा। राजस्थान में भीलवाड़ा जिले के शाहपुरा पंचायत समिति क्षेत्र के ग्राम आंटोली में मंगलवार को एक प्रेमी युगल ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। प्राप्त जानकारी के अनुसार मृतकों की पहचान ग्राम आंटोली निवासी मुकेश भील (20) एवं 16 वर्षीय नाबालिग के रूप में हुई है। बताया जा रहा है कि दोनों के बीच […] The post भीलवाड़ा में प्रेमी युगल ने पेड़ पर रस्सी बांधकर लगाई फांसी appeared first on Sabguru News .
रायसेन : तांत्रिक क्रिया के दौरान कथित बलि देकर व्यापारी की हत्या, तीन आरोपी अरेस्ट
रायसेन। मध्यप्रदेश में रायसेन जिले के गैरतगंज तहसील अंतर्गत परासिया नदी किनारे मिले व्यापारी के शव के मामले का पुलिस ने खुलासा करते हुए तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार गड़ा धन (दफीना) निकालने के लिए कथित तांत्रिक क्रिया के दौरान अपने ही साथी की धारदार हथियार से हत्या कर दी गई। […] The post रायसेन : तांत्रिक क्रिया के दौरान कथित बलि देकर व्यापारी की हत्या, तीन आरोपी अरेस्ट appeared first on Sabguru News .
भजनलाल शर्मा ने दो आरपीएस एवं एक जेल सेवा अधिकारी के विरुद्ध कार्रवाई को दी मंंजूरी
जयपुर। राजस्थान में कानून-व्यवस्था को लेकर मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा लगातार एक्शन मोड में हैं और उन्होंने अनियमितता एवं दायित्वों के निर्वहन में लापरवाही बरतने पर राजस्थान पुलिस सेवा के दो अधिकारियों एवं जेल सेवा की एक अधिकारी के विरुद्ध कार्रवाई की मंजूरी दी है। शर्मा ने जेल सेवा की अधिकारी को निलंबित करने तथा एक […] The post भजनलाल शर्मा ने दो आरपीएस एवं एक जेल सेवा अधिकारी के विरुद्ध कार्रवाई को दी मंंजूरी appeared first on Sabguru News .
जगन गुर्जर का भाई पप्पू गुर्जर दौसा जेल में स्थानांतरित
अजमेर/दौसा/भरतपुर। राजस्थान में अजमेर की अति सुरक्षित जेल से कुख्यात डकैत जगन गुर्जर के भाई पप्पू गुर्जर को मंगलवार को सुबह कड़ी सुरक्षा के बीच दौसा की केंद्रीय जेल में स्थानांतरित कर दिया गया। प्राप्त जानकारी के अनुसार 29 जून को अजमेर जेल में जगन गुर्जर की हत्या के बाद परिजन और ग्रामीण पप्पू गुर्जर […] The post जगन गुर्जर का भाई पप्पू गुर्जर दौसा जेल में स्थानांतरित appeared first on Sabguru News .
दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे कार पलटने से महिला की मौत, दो घायल
अलवर। राजस्थान में दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे पर सोमवार को एक कार पलटने से एक महिला की मौत हो गई जबकि दो लोग घायल हो गए। प्राप्त जानकारी के अनुसार दिल्ली निवासी एक परिवार मेहंदीपुर बालाजी मंदिर में दर्शन करके दिल्ली लौट रहा था। इसी दौरान हादरहेड़ा-रोनपुर के बीच उनकी कार अचानक बेकाबू होकर पलट गई। इससे […] The post दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे कार पलटने से महिला की मौत, दो घायल appeared first on Sabguru News .
अहमदाबाद सीरियल ब्लास्ट मामले में गुजरात हाईकोर्ट का फैसला : जस्टिस काटजू ने उठाए सवाल
अहमदाबाद सीरियल ब्लास्ट मामले में गुजरात हाईकोर्ट के फैसले पर जस्टिस मार्कंडेय काटजू ने साक्ष्य, जांच और न्यायिक प्रक्रिया पर उठाए सवाल
59 साल के सोनम वांगचुक 17 दिन से भूख हड़ताल पर हैं। सिर्फ नमक का पानी ले रहे हैं। 8.5 किलो वजन गिर चुका है। उनके पीछे बैनर कॉकरोच जनता पार्टी का है, जिसकी मांग है- शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा। CJP के फाउंडर अभिजीत दीपके ने कहा- सरकार बात तक करने को तैयार नहीं, मरने के लिए छोड़ दिया है। कॉकरोच पार्टी के प्रोटेस्ट में सोनम वांगचुक क्यों आमरण अनशन पर, क्या खुद अनशन तोड़ देंगे या सरकार तुड़वा देगी, जानेंगे आज के एक्सप्लेनर में…सवाल-1: सोनम वांगचुक CJP के समर्थन में अनशन पर क्यों बैठे? जवाब: कॉकरोच जनता पार्टी के मुखिया अभिजीत दीपके ने 6 जून को जंतर-मंतर पर पहली बार प्रोटेस्ट करने का ऐलान किया। 2 जून को X पर वीडियो जारी करके सोनम वांगचुक ने भी समर्थन दिया, 'मैं CJP के आंदोलन से जुड़ने आ रहा हूं। CJP वाले देशप्रेमी हैं, आपको भी उनके साथ जुड़ना चाहिए।’ 6 जून को कंधे पर एक झोला टांगे और हाथों में गुलाब लेकर जंतर-मंतर पहुंचे। इस प्रोटेस्ट पर सरकार ने कोई बयान तक नहीं दिया। फिर 20 जून को CJP ने जंतर-मंतर पर दोबारा प्रोटेस्ट शुरू किया। सोनम ने भी केंद्र सरकार से 2 मांगें रखीं- धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा और केंद्र शासित प्रदेश लद्दाख को संविधान की छठी अनुसूची में शामिल करने और पूर्ण राज्य के दर्जे की मांग। सोनम ने कहा कि इन दोनों मांगों पर 27 जून तक सरकार के जवाब का इंतजार करेंगे। फिर अनशन शुरू करेंगे और अगर एक भी मांग पूरी हुई, तो अनशन वापस भी ले लेंगे। सरकार की तरफ से कोई जवाब नहीं आया, तो रविवार, 28 जून को सोनम CJP के प्रोटेस्ट में शामिल हो गए। वामपंथी स्टूडेंट ऑर्गेनाइजेशन ऑल इंडियन स्टूडेंट्स एसोसिएशन, यानी AISA के 6 मेंबर्स के साथ भूख हड़ताल शुरू कर दी। सोनम ने कहा, 'मैं मजबूर हूं, खुशी से यहां नहीं आया हूं। दोनों मुद्दों के समर्थन में अनशन पर बैठा हूं। लोग मुझसे पूछते हैं, 'आप लद्दाख में आंदोलन कर रहे थे, अब आप CJP के साथ क्यों हैं?' एजुकेशन, जो यहां का मुद्दा है, पिछले 40 सालों से मेरे दिल के बहुत करीब रहा है, जब मैं स्टूडेंट था तब से। जब कुछ युवा एजुकेशन सिस्टम की दिक्कतों पर आवाज उठा रहे हैं, तो मैं चुप कैसे रह सकता था?' हालांकि 13 जून को सोनम ने पत्रकारों से कहा कि अभी वह शिक्षा के मुद्दे को लेकर जंतर-मंतर पर मौजूद हैं। लद्दाख के मुद्दे पर सरकार से बातचीत जारी है, कुछ सहमति भी बनी है, लेकिन जमीन पर उतरना बाकी है। सरकार चाहे तो मानसून सत्र में ही इसका समाधान कर सकती है। सवाल-2: धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के मामले पर सरकार का क्या रुख है? जवाब: CJP की मांग है कि धर्मेंद्र प्रधान तुरंत इस्तीफा दें। मई में NEET पेपर लीक के बाद एग्जाम रद्द करना पड़ा था। देश भर में 14 से ज्यादा NEET की तैयारी करने वाले बच्चों ने सुसाइड कर लिया। इसकी नैतिक जिम्मेदारी शिक्षा मंत्री को लेनी चाहिए। धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के आसार नहीं दिख रहे हैं… हालांकि सूत्रों के मुताबिक, आने वाले दिनों में मोदी मंत्रिमंडल में फेरबदल होने वाला है। इसमें धर्मेंद्र प्रधान से शिक्षा मंत्रालय की जिम्मेदारी लेकर कोई और मंत्रालय या बीजेपी संगठन में कोई जिम्मेदारी दी जा सकती है। सवाल-3: अगर सोनम ने अनशन नहीं तोड़ा, तो आगे क्या होगा? जवाब: कोई व्यक्ति 3 मिनट बिना ऑक्सीजन, 3 दिन बिना पानी और 3 हफ्ते बिना खाए रह सकता है। इसे सर्वाइवल का ‘रूल ऑफ थ्री’ कहते हैं। हालांकि इंसान बिना खाने के कितने दिन जिंदा रह सकता है, ये शरीर की संरचना, अनशन के दौरान हाइड्रेशन और शारीरिक बीमारी जैसी चीजों पर निर्भर करता है। डॉक्टर्स के मुताबिक कई लोग सिर्फ नमक वाला पानी पीकर ही 2 से 3 महीने तक जिंदा रह लेते हैं। जब भूख हड़ताल की वजह से व्यक्ति का वजन 10% से ज्यादा गिर जाता है, तो उसे डॉक्टर की निगरानी में रखने की सलाह दी जाती है। आमतौर पर जब शरीर को खाना नहीं मिलता, तो ऊर्जा के लिए- दिल्ली के सी. के. बिरला हॉस्पिटल में इंटरनल मेडिसिन डिपार्टमेंट के डॉ. अमित प्रकाश सिंह कहते हैं, ‘करीब दो हफ्ते के उपवास के बाद दिल, लिवर, किडनी जैसे अंग कमजोर पड़ने लगते हैं। यह जानलेवा हो सकता है। कई लोग सोनम से अनशन तोड़ने की अपील कर रहे हैं। सोनम इस पर राजी नहीं हैं। कह रहे हैं, ‘मैंने जो शुरू किया है, उसे उसके निष्कर्ष तक पहुंचाना होगा। 13 जुलाई को अभिजीत दीपके ने कहा, 'जब भी मैं उनसे अनशन खत्म करने के लिए कहता हूं, वे मुझे डांटते हैं और कहते हैं, 'तुम मेरी चिंता मत करो।' जबकि उन्हें चक्कर आते हैं। वॉशरूम तक पैदल जाना भी मुश्किल है।’ इधर CJP ने 20 जुलाई को संसद के मानसून सत्र की शुरुआत के दिन ही जंतर-मंतर से संसद तक पैदल मार्च बुलाया है। सोनम ने लोगों से इसमें शामिल होने की अपील करते हुए कहा है, ‘मैं अपनी बची हुई ताकत के साथ इसमें शामिल रहूंगा। देश में आजादी से चलने और शांतिपूर्ण तरीके से अपनी मांग रखने का अधिकार है। इससे नहीं रोका जाना चाहिए।’ सीनियर पत्रकार अरुण दीक्षित कहते हैं, ‘अभी ऐसा नहीं लग रहा है कि सरकार सोनम की मांगों पर बहुत ध्यान देगी। हालांकि इस बीच अगर सोनम की तबीयत ज्यादा बिगड़ी, तो उनको उठाकर इलाज के लिए भेजा जा सकता है और अनशन तुड़वाया जा सकता है।’ जबरन अनशन तुड़वाने का सबसे चर्चित मामला मणिपुर की इरोम चानू शर्मिला का है। उन्होंने दुनिया की सबसे लंबी भूख हड़ताल की थी। दरअसल, 2 नवंबर 2000 को इंफाल के पास एक गांव में असम राइफल्स के जवानों की गोलीबारी में 10 नागरिकों की हत्या हुई। 4 नवंबर को सशस्त्र बलों को विशेष शक्तियां देने वाले कानून AFSPA हटानी की मांग को लेकर भूख हड़ताल शुरू की। तीसरे दिन उन्हें सरकार ने IPC की धारा 309, यानी आत्महत्या के प्रयास के तहत गिरफ्तार कर लिया और जबरन अस्पताल ले जाकर नाक में फीडिंग ट्यूब डालकर खाना देना शुरू कर दिया। 2016 तक इंफाल के सरकारी अस्पताल के एक कमरे को अस्थायी जेल बनाकर रखा गया, और उन्हें ट्यूब से जबरन फ्लूइड दिया जाता रहा। 9 अगस्त 2016 को इरोम ने खुद ही अपना अनशन खत्म कर दिया। सवाल-4: क्या इससे पहले भी सोनम ने अनशन किए, तब सरकार का क्या रुख रहा? जवाब: इससे पहले सोनम लद्दाख के मुद्दों को लेकर कई बार भूख हड़ताल और पैदल यात्राएं वगैरह कर चुके हैं। कभी सरकार के आश्वासन पर उन्होंने अनशन तोड़ा, तो कभी हिरासत में ले लिए गए.. सवाल-5: लद्दाख का मुद्दा क्या है, जिस पर सरकार से भिड़े हुए हैं सोनम? जवाब: 5 अगस्त, 2019 को जम्मू-कश्मीर से धारा 370 हटने के बाद लद्दाख को केंद्र-शासित प्रदेश (UT) बना दिया गया था। इससे जम्मू-कश्मीर विधान परिषद में लद्दाख का प्रतिनिधित्व लगभग खत्म हो गया और हिल डेवलपमेंट काउंसिल लेह और कारगिल (LAHDC) के जरिए लद्दाख का प्रशासनिक कामकाज शुरू हुआ। UT बनने से पहले LAHDC के पास कैबिनेट के बराबर अधिकार थे, लेकिन UT बनने के बाद इनकी ताकत सिर्फ कागजी रह गई हैं। LAHDC के पास आर्थिक मामले देखने के भी अधिकार भी नहीं हैं। लद्दाख के UT बनने के बाद से सोनम 4 मांगें कर रहे हैं… राज्यसभा में एक सीट आवंटित हो और लोकसभा सीटों की संख्या एक से बढ़ाकर दो हों, कारगिल और लेह अलग-अलग लोकसभा सीटें बनें। अगर ये मांगें मान ली जाएं, तो लद्दाख के जिलों में स्वायत्त जिला परिषदों का गठन हो सकेगा और जंगल, जमीन, पुलिसिंग, खेती आदि से जुड़े कानून बनाने का अधिकार स्थानीय लोगों को मिल जाएंगे। कई दौर की बैठकों के बावजूद अभी तक सरकार ने कोई फैसला नहीं लिया है। हालांकि 13 जुलाई को लद्दाख के प्रमुख सचिव आशीष कुंद्रा ने कहा है कि सभी 7 जिलों में ऑटोनॉमस हिल डेवेलपमेंट काउंसिल, यानी AHDC बनेगी। इस बॉडी को संविधान के आर्टिकल-371 के खास ढांचे के तहत विधायी, वित्तीय और प्रशासनिक अधिकार मिलेंगे। ये दरअसल, केंद्र शासित प्रदेश और पूर्ण राज्य के बीच की व्यवस्था कही जा सकती है। आर्टिकल-371 के ही तहत महाराष्ट्र, गुजरात, मणिपुर जैसे 12 राज्यों को प्रशासन से जुड़े विशेष अधिकार मिले हुए हैं। 13 जुलाई को सोनम ने कहा कि बातचीत जारी है, लेकिन इसके जमीन पर उतरने का इंतजार है। उन्होंने ये उम्मीद भी जताई कि 20 जुलाई से शुरू हो रहे मानसून सत्र के दौरान इस पर कोई फैसला ले सकती है। सरकार चाहे, तो संसद से संविधान संशोधन विधेयक पास करवाकर लद्दाख में पूर्ण राज्य के प्रावधान लागू कर सकती है। हालांकि अभी सरकार की तरफ से कोई बयान नहीं आया है। ----------
जल्द क्रिकेट खेल पाएंगी अफगानिस्तान की महिलाएं, ICC ने बनाई योजना
अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद ने एडिनबर्ग में अपनी वार्षिक कॉन्फ्रेंस में अफ़गान शरणार्थी महिला क्रिकेटरों के विकास के लिए एक योजना बनाई है। एक विशेष टास्कफोर्स को भी फिर से बनाया और उसे 2030 तक आईसीसी के क्वालिफिकेशन में हिस्सा लेने के लिए अफ़गान रिफ्यूजी महिला टीम के लिए एक योजना बनाने की ज़िम्मेदारी दी। ICC ने अपने डायरेक्टर डॉ. रोस रिवाज़ और चीफ एग्जीक्यूटिव्स समिति की सदस्य सारा कीन को स्पेशल टास्क फोर्स में अपॉइंट करने को भी मंज़ूरी दी। वे टास्क फोर्स में इसके मौजूदा मेंबर्स (BCCI, क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया और ECB) के साथ शामिल होंगे और प्रोग्राम की चल रही निगरानी में मदद करेंगे, ताकि महिलाओं के लिए प्रतिनिधित्व और प्रतियोगी की ज़रूरतों को को संतुलित किया जा सके। ICC has endorsed a Development Pathway Programme for the Afghan refugee women. Details https://t.co/hz13lr4yib pic.twitter.com/t4PwXbKEgP — ICC (@ICC) July 13, 2026 डॉ. रोस रिवाज़ ने कहा: “मुझे ICC Special task force में शामिल होकर और इस ज़रूरी पहल में योगदान देकर गर्व महसूस हो रहा है। टास्क फ़ोर्स को एक साफ़ और टिकाऊ रोडमैप बनाने का काम सौंपा गया है जो अफ़गान रिफ्यूजी महिला क्रिकेटरों के लगातार विकास में मदद करे, इसके लिए सही कोचिंग, सार्थक सोच-विचार वाले प्रोग्राम और मौकों के हिसाब से सही प्रोग्राम हों। आईसीसी क्रिकेट के ज़रिए मौके बढ़ाने के लिए कमिटेड है, और मैं अपने साथी टास्क फ़ोर्स मेंबर्स, मेंबर्स और डिलीवरी पार्टनर्स के साथ मिलकर काम करने के लिए उत्सुक हूँ ताकि यह पक्का हो सके कि इसे मकसद, ईमानदारी और लंबे समय तक चलने वाली सस्टेनेबिलिटी के साथ दिया जाए।” अफ़गान रिफ्यूजी महिला क्रिकेटर नाहिदा सपन ने कहा: “इस प्रोग्राम ने हमारे लिए पहले ही बहुत बड़ा बदलाव किया है, न सिर्फ़ हमें क्रिकेट खेलते रहने में मदद करके, बल्कि हमें एक साथ आकर एक टीम के तौर पर खेलने में काबिल बनाकर। हमें दूसरे देशों के खिलाड़ियों जैसे ही अधिकार और मौके मिले हैं।” अफ़गान रिफ्यूजी महिला क्रिकेटर फ़िरोज़ा अफ़गान ने कहा: “पिछले एक साल में, एक ग्रुप के तौर पर एक साथ आने और भारत और इंग्लैंड का दौरा करने के मौकों ने हमें अपनी ज़िंदगी के कुछ सबसे यादगार अनुभव दिए हैं। हम इस दिशा में काम करने के लिए तैयार हैं, और हम इस सफ़र में हर मौके का पूरा फ़ायदा उठाने के लिए पक्के इरादे वाले हैं।” ऑस्ट्रेलिया के पूर्व खिलाड़ी और It's Game On के सह संस्थापक मेल जोन्स ने कहा: “इन शानदार महिलाओं को लगातार सपोर्ट, साथ ही 2030 तक आईसीसी क्वालिफ़िकेशन के रास्तों के लिए एक साफ़ रोडमैप, उनके और उनके भविष्य के लिए एक ज़रूरी कमिटमेंट दिखाता है। यह एक मज़बूत संदेश देता है कि प्रतिभा और पक्के इरादे वाले लोग दुनिया भर में मॉडल और मौके के हक़दार हैं, और यह देखना रोमांचक है कि एक ऐसा दीर्ध कालिक रास्ता जो डेवलपमेंट और मतलब वाले प्रतियोगिता के बीच संतुलन बनाता है, साथ ही उनके अनोखे सफ़र को पहचानता है। पिछले साल उन्होंने जो विकास किया है, वह बहुत बढ़िया रही है, और मैं यह देखने के लिए इंतज़ार नहीं कर सकता कि यह टीम 2030 तक क्या हासिल करती है।” अभी ऑस्ट्रेलिया, इंग्लैंड और कनाडा में मौजूद प्लेयर्स को उनके स्थानीय क्रिकेट माहौल में जोड़ा जाता रहेगा, जो उन्हें ट्रेनिंग और खेलने के मौके देता है।इस योजना के तहत में कोचिंग के साथ-साथ उनके स्थानीय मैदान पर फ़िज़ियोथेरेपी तक की सुविधा दी जाएगी, साथ ही धीरे-धीरे गेम टाइम बढ़ाने की भी योजना है। इसके अलावा, इस प्रोग्राम में खिलाड़ियों को एक ग्रुप के तौर पर ट्रेनिंग और मुकाबला करने के मौके मिलते रहेंगे, जैसा कि पिछले 12 महीनों में भारत और इंग्लैंड के टूर में हुआ था। ऐसे सामूहिक खेलने के मौके भी धीरे-धीरे बनाए जाएंगे और 2030 तक ICC क्वालिफिकेशन टूर्नामेंट्स के लिए उनके विकास में मदद करने के लिए योजनाबद्ध नज़रिए से चुनी गई टीमों के खिलाफ होंगे।
Kark Sankranti 2026: सूर्य कर्क संक्रांति पर करें ये 7 शुभ कार्य, मिलेगी सूर्य देव की कृपा
Kark Sankranti Religious Remedies: सनातन धर्म में सूर्य कर्क संक्रांति का विशेष धार्मिक और ज्योतिषीय महत्व माना जाता है। इस दिन सूर्य देव मिथुन राशि से निकलकर कर्क राशि में प्रवेश करते हैं। कर्क संक्रांति के साथ ही 'दक्षिणायन' का आरंभ माना जाता है, जिसे देवताओं की रात्रि की शुरुआत भी कहा जाता है। ALSO READ: सूर्य का बड़ा खेल: गुरु के नक्षत्र में एंट्री से इन 3 राशियों की बढ़ सकती है टेंशन इस अवसर पर सूर्य देव की उपासना, पवित्र नदियों में स्नान, दान-पुण्य और मंत्र-जप का विशेष महत्व बताया गया है। इससे न केवल मान-सम्मान और अच्छा स्वास्थ्य प्राप्त होता है, बल्कि जीवन के सारे कष्ट भी दूर हो जाते हैं। मान्यता है कि इस दिन श्रद्धापूर्वक किए गए शुभ कार्यों से सूर्य देव की कृपा प्राप्त होती है तथा जीवन में सुख, समृद्धि और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।इस बार बृहस्पतिवार, 16 जुलाई 2026 को सूर्य कर्क संक्रांति पर्व मनाया जा रहा है। यदि आप सूर्य कर्क संक्रांति के दिन ये 7 शुभ कार्य करते हैं, तो आपको सूर्य देव की विशेष कृपा प्राप्त होगी... कर्क संक्रांति पर किए जाने वाले 7 शुभ कार्य 1. पवित्र नदी में स्नान या गंगाजल का छिड़काव इस दिन किसी पवित्र नदी या सरोवर में स्नान करने का विशेष महत्व है। यदि नदी पर जाना संभव न हो, तो घर पर ही नहाने के पानी में थोड़ा सा गंगाजल मिलाकर स्नान करें। इससे शारीरिक रोग और नकारात्मक ऊर्जा दूर होती है। 2. सूर्य देव को 'विशेष अर्घ्य' देना संक्रांति के दिन सुबह सूर्योदय से पहले उठें। स्नान करने के बाद तांबे के लोटे में साफ जल लें। उसमें लाल चंदन, लाल फूल/ गुड़हल, अक्षत/ चावल और थोड़े से काले तिल मिलाकर सूर्य देव को अर्घ्य दें। अर्घ्य देते समय ॐ घृणि सूर्याय नमः मंत्र का जाप करें। 3. पूर्वजों के निमित्त तर्पण और पिंडदान कर्क संक्रांति से सूर्य दक्षिणायन होते हैं, जिसे देवताओं की रात और पितरों का दिन माना जाता है। इस दिन अपने पूर्वजों/ पितरों की तृप्ति के लिए तर्पण, पिंडदान या श्राद्ध कर्म करना बहुत कल्याणकारी होता है। इससे पितृ दोष से मुक्ति मिलती है। ALSO READ: सूर्य का कर्क राशि में गोचर, जानें मेष से मीन तक सभी 12 राशियों का राशिफल 4. तांबे और गेहूं का दान शास्त्रों में संक्रांति के दिन दान का अनंत गुना फल बताया गया है। सूर्य देव को प्रसन्न करने के लिए इस दिन तांबे के बर्तन, गेहूं, लाल कपड़े, गुड़, लाल चंदन और घी का दान किसी ब्राह्मण या जरूरतमंद व्यक्ति को अवश्य करें। 5. गायत्री मंत्र का जाप मानसिक शांति, बुद्धि की प्रखरता और सकारात्मक ऊर्जा के लिए इस दिन कम से कम 108 बार गायत्री मंत्र का जाप करें। संक्रांति की शांत बेला में किया गया गायत्री मंत्र का जाप सीधे आत्मा को बल प्रदान करता है। 6. नमक रहित भोजन/ बिना नमक का व्रत संक्रांति के दिन यदि संभव हो तो एक समय उपवास रखें या अपने भोजन में नमक का सेवन न करें। आयुर्वेद और ज्योतिष दोनों के अनुसार, संक्रांति पर नमक का त्याग करने से शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता यानी इम्युनिटी/ Immunity बढ़ती है और कुंडली में सूर्य मजबूत होता है। 7. आदित्य हृदय स्तोत्र का पाठ जीवन में मान-सम्मान, नौकरी में उन्नति और आत्मविश्वास बढ़ाने के लिए संक्रांति के दिन आदित्य हृदय स्तोत्र का पाठ करना बेहद चमत्कारी माना जाता है। यदि आपके पास समय कम हो, तो आप सूर्य अष्टक का पाठ भी कर सकते हैं। सूर्य कर्क संक्रांति का पर्व श्रद्धा, सेवा और आत्मअनुशासन का संदेश देता है। इस दिन सूर्य देव की उपासना, स्नान, दान और मंत्र-जप जैसे शुभ कार्य करने से आध्यात्मिक शांति और पुण्य की प्राप्ति होने की मान्यता है। धार्मिक परंपराओं का पालन करते समय अपनी पारिवारिक परंपरा और स्थानीय मान्यताओं का भी सम्मान करना चाहिए। विशेष बात: चूंकि कर्क संक्रांति से वर्षा ऋतु और ऋतु परिवर्तन का समय शुरू होता है, इसलिए इस दिन से अपनी जीवनशैली और खान-पान में सात्विकता लाना बेहद जरूरी माना गया है। अस्वीकरण (Disclaimer) : चिकित्सा, स्वास्थ्य संबंधी नुस्खे, योग, धर्म, ज्योतिष, इतिहास, पुराण आदि विषयों पर वेबदुनिया में प्रकाशित/प्रसारित वीडियो, आलेख एवं समाचार सिर्फ आपकी जानकारी के लिए हैं, जो विभिन्न सोर्स से लिए जाते हैं। इनसे संबंधित सत्यता की पुष्टि वेबदुनिया नहीं करता है। सेहत या ज्योतिष संबंधी किसी भी प्रयोग से पहले विशेषज्ञ की सलाह जरूर लें। इस कंटेंट को जनरुचि को ध्यान में रखकर यहां प्रस्तुत किया गया है जिसका कोई भी वैज्ञानिक प्रमाण नहीं है। ALSO READ: जब मित्र के घर पधारेंगे ब्रह्मांड के राजा: सूर्य का कर्क राशि में गोचर चमकाएगा इन 4 राशियों का भाग्य
होर्मुज में अमरीका का हस्तक्षेप मंजूर नहीं, सैन्य कार्रवाई का जवाब देंगे : ईरान
तेहरान। ईरान ने कहा है कि वह अमरीका को कभी भी होर्मुज जलडमरूमध्य के प्रबंधन में हस्तक्षेप नहीं करने देगा। उसने खाड़ी देशों को भी चेतावनी दी है कि अमरीका का सहयोग ईरान के साथ युद्ध करने के बराबर माना जाएगा। ईरानी सेना के खातम-अल अंबिया केंद्रीय मुख्यालय के प्रवक्ता कर्नल इब्राहीम जुलफकारी ने एक […] The post होर्मुज में अमरीका का हस्तक्षेप मंजूर नहीं, सैन्य कार्रवाई का जवाब देंगे : ईरान appeared first on Sabguru News .
जब मित्र के घर पधारेंगे ब्रह्मांड के राजा: सूर्य का कर्क राशि में गोचर चमकाएगा इन 4 राशियों का भाग्य
ब्रह्मांड के सबसे तेजस्वी ग्रह और ग्रहों के राजा सूर्य देव अपनी चाल बदलने जा रहे हैं। 16 जुलाई 2026 को सूर्य देव जल तत्व की राशि कर्क में प्रवेश करेंगे और यहाँ 17 अगस्त 2026 तक विराजमान रहेंगे। कर्क राशि के स्वामी चंद्रमा हैं, जो सूर्य देव के परम मित्र माने जाते हैं। जब एक मित्र दूसरे मित्र के घर जाता है, तो माहौल उत्साह और खुशियों से भर जाता है। सूर्य का यह गोचर मुख्य रूप से 4 राशियों के लिए करियर, धन, मान-सम्मान और सेहत के मोर्चे पर सुनहरे अवसर लेकर आ रहा है। आइए देखते हैं कि सूर्य देव किन राशियों की बंद किस्मत का ताला खोलने जा रहे हैं। कन्या राशि: मुनाफे का नया आसमान और तरक्की के द्वार कन्या राशि के जातकों के लिए सूर्य देव आपकी कुंडली के 'लाभ स्थान' यानी ग्यारहवें भाव में गोचर करने जा रहे हैं। इस भाव में सूर्य का आना आपके जीवन में पैसों की तंगी को हमेशा के लिए विदा करने का संकेत है। अगर आपका बिजनेस विदेशों से या किसी दूसरे शहर से जुड़ा है, तो मानकर चलिए कि मुनाफे का ग्राफ तेजी से ऊपर भागने वाला है। नौकरीपेशा लोगों को इस दौरान प्रमोशन का तोहफा या दफ्तर में कोई बड़ा रुतबा मिल सकता है इस समय को अपने पक्ष में बनाए रखने के लिए अपनी जीवनशैली को पूरी तरह सात्विक रखें। तामसिक भोजन, शराब और किसी भी तरह के अनैतिक कामों से दूरी बनाकर रखेंगे, तो भाग्य का साथ दोगुना हो जाएगा। ALSO READ: जब सूर्य चलेंगे शनि के पुष्य नक्षत्र की राह: 5 राशियों की चमकेगी किस्मत तुला राशि: कर्मक्षेत्र में बढ़ेगा मान-सम्मान, चमकेगी साख तुला राशि वालों के लिए सूर्य देव आपके दसवें भाव यानी 'कर्म स्थान' में कदम रख रहे हैं। ज्योतिष में इस भाव में सूर्य को 'दिग्बल' (अत्यंत दिशा बल) प्राप्त होता है, जिससे आपके प्रभाव में चमत्कारी बढ़ोतरी होगी। हालांकि मित्र राशि होने की वजह से शायद उम्मीद से 19-20 का ही फर्क रहे, लेकिन फिर भी यह समय उपलब्धियों से भरा रहेगा। नौकरी में आपकी धाक जमेगी और व्यापार का विस्तार होगा। इस दौरान आप जो भी नया प्रोजेक्ट या काम शुरू करेंगे, वह भविष्य में आपके लिए एक मजबूत नींव साबित होगा। वृश्चिक राशि: भाग्य का सहारा और करियर में नए मोड़ वृश्चिक राशि के जातकों के लिए सूर्य देव अब आपके नौवें भाव यानी 'भाग्य स्थान' की यात्रा पर हैं। बिजनेस को आगे बढ़ाने के लिए की गई आपकी यात्राएं इस दौरान बेहद सफल और फायदेमंद साबित होंगी। जो लोग लंबे समय से एक अच्छी नौकरी की तलाश में थे या जॉब चेंज करना चाहते थे, उन्हें बेहतरीन ऑफर मिल सकते हैं। बस ध्यान रखें कि जल्दबाजी में वर्तमान काम को छोड़कर कोई बड़ा रिस्क न लें। इस अवधि में धर्म, अध्यात्म या किसी प्रतिष्ठित मार्गदर्शक के खिलाफ कोई भी कड़वी बात बोलने से बचें। जब भी कोई असमंजस हो, तो अपने पिता या बड़े-बुजुर्गों की सलाह लें, वह आपके लिए सही रास्ता दिखाएगी। ALSO READ: गुरु का पुष्य नक्षत्र में गोचर, करें ये 5 अचूक उपाय, धन, सुख और अच्छी सेहत का मिलेगा आशीर्वाद कुंभ राशि: दुश्मनों पर जीत और सेहत में सुधार का समय कुंभ राशि वालों के लिए सूर्य देव अब छठे भाव यानी 'शत्रु और रोग स्थान' में गोचर कर रहे हैं। इस भाव में सूर्य का बैठना आपके लिए किसी अभेद्य कवच की तरह काम करेगा। आपके विरोधी या जलने वाले लोग लाख कोशिशों के बाद भी आपका बाल बांका नहीं कर पाएंगे। पुरानी शारीरिक तकलीफों से आपको राहत मिलेगी। चूंकि कर्क एक जल तत्व की राशि है, इसलिए बस मौसमी सर्दी-जुकाम से थोड़ा सावधान रहें। नौकरी और सरकारी अटके कामों में आपको बड़ी सफलता मिलेगी। साझेदारी के बिजनेस और जीवनसाथी के साथ हल्के-फुल्के मतभेदों को सूझबूझ से सुलझा लें, समय बेहद अनुकूल है।
मुंबई की एक इमारत की लिफ्ट में नाबालिग लड़की के सामने अश्लील हरकत करने वाला अरेस्ट
मुंबई। महाराष्ट्र में मुंबई के दहिसर इलाके में लिफ्ट के अंदर नाबालिग लड़की के सामने अश्लील हरकत करने के आरोप में एक व्यक्ति को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने मंगलवार को यह जानकारी दी। दहिसर पुलिस के अनुसार यह घटना जन कल्याण नगर, शांति नगर इलाके की एक रिहायशी इमारत की लिफ्ट में हुई। […] The post मुंबई की एक इमारत की लिफ्ट में नाबालिग लड़की के सामने अश्लील हरकत करने वाला अरेस्ट appeared first on Sabguru News .
श्रीगंगानगर में बदमाशों ने सब्जी की रेहड़ी वाले से 25000 रुपए लूटे
श्रीगंगानगर। राजस्थान में श्रीगंगानगर के कोतवाली थाना क्षेत्र में मंगलवार सुबह दो बदमाशों ने एक सब्जी की रेहड़ी वाले से 25 हजार रुपए लूट लिए। प्राप्त जानकारी के अनुसार नई अनाज मंडी के पीछे महाराजा जस्सासिंह मार्ग पर कृषि पंडित बलवंतसिंह चौराहे पर बजरंग शर्मा रोजाना की तरह तड़के सवा चार बजे अपनी रेहडी लेकर […] The post श्रीगंगानगर में बदमाशों ने सब्जी की रेहड़ी वाले से 25000 रुपए लूटे appeared first on Sabguru News .
अलवर में युवक ने पिया तेजाब, गंभीर हालत में अस्पताल में भर्ती
अलवर। राजस्थान में अलवर जिले के उद्योग नगर थाना क्षेत्र में डेयरी गांव में सोमवार को युवक के तेजाब पीने का मामला सामने आया है। गंभीर हालत में परिजन उसे अलवर के राजीव गांधी सामान्य चिकित्सालय लेकर पहुंचे, जहां उसका इलाज जारी है और उसे चिकित्सकों की निगरानी में रखा गया है। प्राप्त जानकारी के […] The post अलवर में युवक ने पिया तेजाब, गंभीर हालत में अस्पताल में भर्ती appeared first on Sabguru News .
चेन्नई : एक्ट्रेस को अश्लील फोटो खिंचवाने के लिए मजबूर करने के आरोप में फिल्म निर्माता समेत 3 अरेस्ट
चेन्नई। तमिलनाडु की राजधानी चेन्नई में पुलिस ने एक टेलीविजन अदाकारा को फिल्म के लिए अश्लील फोटो खिंचवाने के लिए मजबूर करने के आरोप में एक फिल्म निर्माता और दो महिलाओं को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार सालिग्रामम की रहने वाली 31 वर्ष की अभिनेत्री से नंदी रामनाथन नामक व्यक्ति ने संपर्क किया था। […] The post चेन्नई : एक्ट्रेस को अश्लील फोटो खिंचवाने के लिए मजबूर करने के आरोप में फिल्म निर्माता समेत 3 अरेस्ट appeared first on Sabguru News .
चिकबल्लापुर में जज की कुर्सी पर अंधविश्वास संबंधी गतिविधि करने के आरोप में महिला अरेस्ट
चिकबल्लापुर। कर्नाटक के चिकबल्लापुर की एक अदालत में जज की कुर्सी पर कथित तौर पर अंधविश्वासों से जुड़ा काला जादू कर न्यायिक कार्यवाही को प्रभावित करने के प्रयास में एक बुजुर्ग महिला को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने मंगलवार को यह जानकारी दी। आरोपी महिला की पहचान मंजुला (65) के रूप में हुई है। […] The post चिकबल्लापुर में जज की कुर्सी पर अंधविश्वास संबंधी गतिविधि करने के आरोप में महिला अरेस्ट appeared first on Sabguru News .
कर्नाटक भाजपा के वरिष्ठ नेता रामचंद्र गौड़ा का निधन
बेंगलूरु। कर्नाटक भारतीय जनता पार्टी के वरिष्ठ नेता, पूर्व मंत्री और राज्य में पार्टी के उदय के प्रमुख शिल्पकारों में शामिल रामचंद्र गौड़ा का मंगलवार को यहां एक निजी अस्पताल में निधन हो गया। वह 88 वर्ष के थे। कर्नाटक विधान परिषद के पांच बार सदस्य और पूर्व कैबिनेट मंत्री रहे गौड़ा ने जनसंघ के […] The post कर्नाटक भाजपा के वरिष्ठ नेता रामचंद्र गौड़ा का निधन appeared first on Sabguru News .
लॉर्ड्स जीतने के बाद बेटियों ने दिल भी जीता, 2 इंग्लैंड की खिलाड़ियो को दी विदाई (Video)
270 रनों से लॉर्ड्स टेस्ट मैच को जीतने के बाद भारतीय महिला क्रिकेट टीम की सदस्यों ने ड्रेसिंग रूम में जश्न मनाया लेकिन मैदान जीतने के बाद दिल भी जीत लिया। इंग्लैंड की दो महिला क्रिकेटरों टैमी ब्यूमोंट और हीथर नाइट ने लॉर्ड्स टेस्ट मैच से पहले और मैच के दौरान संन्यास की घोषणा की थी। इन दो क्रिकेटरों को ड्रेसिंग रूम में बुलाकर भारतीय टीम ने विदाई समारोह रखा। Wholesome moment as India present Tammy and Heather with a token of their appreciation pic.twitter.com/GCNpMfDI4M — England Cricket (@englandcricket) July 13, 2026 ब्यूमोंट इंग्लैंड की बेहतरीन बल्लेबाज़ों में से एक के तौर पर इंटरनेशनल क्रिकेट को अलविदा कह रही हैं। वह इंग्लैंड की उन केवल दो महिला खिलाड़ियों में से एक हैं – और कुल मिलाकर इंग्लैंड की उन पांच क्रिकेटरों में से एक – जिन्होंने तीनों फ़ॉर्मेट में इंटरनेशनल शतक लगाया है। उनके करियर की सबसे बड़ी उपलब्धि 2023 विमेंस एशेज़ के दौरान ट्रेंट ब्रिज में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ़ नाबाद 208 रन की ऐतिहासिक पारी रही, जिससे वह टेस्ट में दोहरा शतक लगाने वाली इंग्लैंड की पहली महिला खिलाड़ी बनीं। वहीं इंग्लैंड महिला टीम की पूर्व कप्तान हीथर नाइट ने अपने करियर में 15 टेस्ट, 160 वनडे और 145 टी-20 मैच है। यह किसी भी दूसरी इंग्लैंड महिला क्रिकेटर के मुकाबले सबसे ज़्यादा मैच हैं। उन्होंने 2010 में इंग्लैंड के लिए पर्दापण किया था, जब वह 18 साल की उम्र में भारत दौरे के लिए चोटिल सारा टेलर की जगह टीम में आई थीं। इन दोनों खिलाड़ियों के करियर का परिकथा अंत नहीं हो पाया क्योंकि भारत ने लॉर्ड्स टेस्ट रिकॉर्ड 270 रनों से जीत लिया।यास्तिका भाटिया के शतक, दोनों पारियों में स्मृति मंधाना के अर्धशतक और क्रांति गौड़ के पंजे की बदौलत भारत ने ऐतिहासिक लॉर्ड्स टेस्ट में इंग्लैंड को सोमवार को 270 रन के बड़े अंतर से हरा दिया। चौथे दिन का खेल जब शुरू हुआ तब भारत जीत से चार विकेट दूर था और स्नेह राणा ने अर्धशतक बना चुकीं एमी जोंस के रूप में भारत को दिन की पहली सफलता दिला दी। इसके बाद दीप्ति शर्मा ने इसी वॉन्ग और लॉरेन बेल को बोल्ड किया। They are the moment pic.twitter.com/PBGgZKenTT — England Cricket (@englandcricket) July 13, 2026 राणा ने एकलस्टन को 50 के निजी स्कोर पर बोल्ड करते हुए इंग्लैंड का अंतिम विकेट गिराया और भारत ने यह मुक़ाबला 270 रनों के विशाल अंतर से जीत लिया। इंग्लैंड की ओर से इस मैच में सबसे अच्छा प्रदर्शन एकलस्टन ने किया जिन्होंने अर्धशतक लगाने के साथ ही गेंदबाज़ी में दूसरी पारी में पंजा हासिल किया। भारत ने इंग्लैंड के सामने इस टेस्ट में जीत के लिए 457 रनों का लक्ष्य रखा था जिसके जवाब में तीसरे दिन का खेल समाप्त होने तक इंग्लैंड ने 130 के स्कोर पर छह विकेट गंवा दिए थे और जोंस अर्धशतक बनाकर खेल रही थीं। टैमी ब्यूमोंट और हीदर नाइट अपने अंतररारष्ट्रीय करियर का अंतिम मैच खेल रही थीं और दोनों को अंतिम पारी में गौड़ ने अपना शिकार बनाया।
इंदौर की पोस्टल असिस्टेंट उर्मिला सैनी (38) हत्याकांड में चौंकाने वाला खुलासा सामने आया है। पति ने पत्नी को बेरहमी से तड़पाकर मारा था। इतना ही नहीं, हत्या के बाद वो नहाया था, तिलक लगाया, साफ कपडे पहने। इसके बाद वो बच्चों के स्कूल पहुंचा, स्कूल में बच्चों से मुलाकात कर बेटी को मां का नेकलेस, घर की चाबी, एटीएम कार्ड दिया। इसके बाद उसने बच्चों से कहा कि छुट्टी के बाद वे मौसी के घर चले जाएं। यह कहकर वो फरार हो गया। दरअसल, इंदौर की पोस्टल असिस्टेंट उर्मिला सैनी की हत्या के मामले में पुलिस जांच में रोजाना कोई न कोई चौंकाने वाला खुलासा सामने आ रहा है। बता दें कि मृतक उर्मिला की बेटी प्रेक्षा के बयानों और पुलिस पड़ताल में आरोपी पिता अखिलेश सैनी की जो दरिंदगी सामने आई है, वह रोंगटे खड़े करने वाली है। बालों में तेल लगाया तिलक लगाया और : पुलिस जांच में सामने आया है कि आरोपी पति अखिलेश सैनी के चेहरे पर अपने किए की शिकन तक नहीं थी। उसने खून से सने कपड़े घर के पास ही एक चेंबर में फेंक दिए। नहाकर साफ कपड़े पहने। बालों में तेल और तिलक भी लगाया। इसके बाद वह अपने बच्चों प्रेक्षा और अव्यक्त के स्कूल गया था। स्कूल में उसने बेटी को मां का नेकलेस, घर की चाबी, एटीएम कार्ड दिया और फरार हो गया। इसलिए TV की आवाज 100 तक बढा दी : बेटी प्रेक्षा के मुताबिक जब वह और उसका छोटा भाई स्कूल से घर पहुंचे तो घर का दरवाजा खुला हुआ था। टीवी की आवाज असामान्य रूप से तेज थी। आरोपी ने टीवी की वॉल्यूम 100 पर कर दी थी, ताकि जब वह उर्मिला पर हमला करे तो उनकी मदद की पुकार पड़ोसियों तक न पहुंच सके। अंदर पहले ही कमरे में उर्मिला रक्तरंजित हालत में मृत पड़ी थीं। मेडिकल चाकू ऑनलाइन मंगाया था : पुलिस जांच में सामने आया कि आरोपी अखिलेश सैनी ने पहले से ही हथियार जुटा रखे थे। घर से एक ऐसा मेडिकल नाइफ बॉक्स मिला है, जिसका इस्तेमाल बड़े ऑपरेशन या डिलीवरी के दौरान गहरे चीरे लगाने के लिए किया जाता है। परिवार का दावा है कि आरोपी ने 7 लेयर कट लगाने वाला विशेष मेडिकल चाकू ऑनलाइन मंगवाया था। कत्ल में इसी का इस्तेमाल किया। हालांकि पुलिस फिलहाल इस सामग्री की जांच कर रही है। पोस्टमॉर्टम में सामने आई हैवानियत : रिश्तेदारों और पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट के मुताबिक, आरोपी ने उर्मिला के सिर पर पहला भारी वार किया, ताकि वे शारीरिक रूप से असहाय हो जाए। मौत हो जाने के बाद भी आरोपी नहीं रुका, शव का जबड़ा और चार दांत टूटे हुए थे। गर्दन कटी हुई थी। पूरे चेहरे को चाकुओं से गोद दिया गया था। सीसीटीवी कैमरों से बचकर भागा : आरोपी अखिलेश सैनी ने बहुत सोच समझकर इस हत्या को अंजाम दिया था। फरार होने के दौरान वह रेलवे स्टेशन और सरवटे बस स्टैंड के पास सीसीटीवी फुटेज में दिखाई दिया, लेकिन उसके बाद वह किसी भी कैमरे में नजर नहीं आया। वो लगातार अपनी लोकेशन बदल रहा है। फिलहाल, पुलिस की 4 टीमें सीसीटीवी फुटेज, तकनीकी साक्ष्यों और साइबर सेल की मदद से आरोपी अखिलेश सैनी की तलाश में लगातार दबिश दे रही हैं। अब पिता को तड़पा-तड़पाकर मारो : इस पूरे मामले में अपनी मां को खो चुके बच्चों का बुरा हाल है। बच्चों ने पिता के लिए सख्त सजा की मांग की है। बेटी प्रेक्षा ने कहा है कि जालिम पिता ने मां को तड़पा-तड़पाकर मारा था। उसे भी वही दर्द मिलना चाहिए। बता दें कि इंदौर की डाककुंज कॉलोनी के ग्राउंड फ्लोर स्थित सरकारी आवास में शनिवार को डाक विभाग की पोस्टल असिस्टेंट उर्मिला सैनी की 11 जुलाई शनिवार को उनके पति अखिलेश सैनी ने बेरहमी से हत्या कर दी थी। वो उर्मिला पर लगातार शक करता था। उर्मिला ने भोपाल के निशातपुरा थाने में मारपीट और प्रताड़ना की शिकायत भी दर्ज कराई थी, लेकिन हर बार आरोपी के परिजन समझौता करा देते थे। हालांकि पुलिस की जांच जारी है।
आषाढ़ गुप्त नवरात्रि का पहला दिन: मां काली की पूजा विधि, मंत्र, आरती और 5 चमत्कारी उपाय
आषाढ़ मास की गुप्त नवरात्रि तंत्र-मंत्र, साधना और विशेष मनोकामनाओं की पूर्ति के लिए अत्यंत फलदायी मानी जाती है। सामान्य नवरात्रि की तरह इसमें नौ देवियों के बजाय 10 महाविद्याओं की पूजा की जाती है। प्रथम दिन मां काली (या कुछ परंपराओं में मां शैलपुत्री के स्वरूप में तांत्रिक पूजन) की आराधना की जाती है। यहाँ आषाढ़ गुप्त नवरात्रि के प्रथम दिन की पूजा विधि, आरती और 5 अचूक उपाय दिए गए हैं। दस महाविद्या: काली, तारा, षोडशी, भुवनेश्वरी, भैरवी, छिन्नमस्ता, धूमावती, बगलामुखी, मातंगी, कमला। 1. प्रथम दिन की पूजा विधि प्रथम दिन की देवी: नवदुर्गा की प्रथम देवी मां शैलपुत्री और दस महाविद्या की प्रथम देवी माता कालिका। यहां पर माता कालिका की पूजा विधि और आरती। गुप्त पूजा: गुप्त नवरात्रि की पूजा को पूरी तरह गोपनीय (गुप्त) रखा जाता है। आपकी साधना के बारे में किसी बाहरी व्यक्ति को पता नहीं चलना चाहिए। कलश स्थापना व संकल्प: शुभ मुहूर्त में चौकी पर लाल वस्त्र बिछाकर मां दुर्गा की प्रतिमा या चित्र स्थापित करें। साथ ही कलश की स्थापना करें। हाथ में जल और अक्षत लेकर गुप्त नवरात्रि की साधना का संकल्प लें। अखंड ज्योति/दीपक: मां के सामने घी या तिल के तेल का दीपक जलाएं। यदि संभव हो तो अखंड ज्योति प्रज्वलित करें। पूजा सामग्री: मां को लाल रंग के पुष्प (विशेषकर गुड़हल या गुलाब), अक्षत, कुमकुम, सिंदूर, धूप, और दीप अर्पित करें। विशेष भोग: प्रथम दिन मां को लौंग का जोड़ा, बताशा और हलवे का भोग लगाना अत्यंत शुभ माना जाता है। मंत्र जाप: एकांत स्थान पर बैठकर लाल चंदन या रुद्राक्ष की माला से इस तांत्रिक मंत्र का जाप करें:- मंत्र: ॐ क्रीं कालिकायै नमः या ॐ ऐं ह्रीं क्लीं चामुण्डायै विच्चे। ALSO READ: आषाढ़ गुप्त नवरात्रि 2026: 9 दिनों में किस देवी की करें पूजा? जानें हर दिन का महत्व और लाभ 2. मां काली की आरती पूजा के अंत में पूरी श्रद्धा के साथ मां की आरती करें: अम्बे तू है जगदम्बे काली, जय दुर्गे खप्पर वाली, तेरे ही गुण गावें भारती, ओ मैया हम सब उतारें तेरी आरती। तेरे भक्त जनों पर माता भीर पड़ी है भारी। दानव दल पर टूट पड़ो माँ करके सिंह सवारी॥ सौ-सौ सिंहों से बलशाली, अष्ट भुजाओं वाली, दुष्टों को तू ही ललकारती। ओ मैया हम सब उतारें तेरी आरती॥ मां बेटे का है इस जग में बड़ा ही निर्मल नाता। पूत कपूत सुने हैं पर ना माता सुनी कुमाता॥ सब पर करुणा बरसाने वाली, अमृत बरसाने वाली, दुखियों के दुखड़े निवारती। ओ मैया हम सब उतारें तेरी आरती॥ नहीं मांगते धन और दौलत, न चांदी न सोना। हम तो मांगें मां तेरे मन में एक छोटा सा कोना॥ सबकी बिगड़ी बनाने वाली, लाज बचाने वाली, सतियों के सत को संवारती। ओ मैया हम सब उतारें तेरी आरती॥ 1. धन लाभ और बरकत के लिए: गुप्त नवरात्रि के पहले दिन मां दुर्गा को स्वच्छ कमल का फूल या गुड़हल का फूल अर्पित करें। इसके बाद नौ दिनों तक रोज एक गुलाब का फूल चढ़ाएं। इससे आर्थिक तंगी दूर होती है। 2. नौकरी और व्यापार में तरक्की: पहले दिन एक साफ लाल रेशमी कपड़े में 11 गोमती चक्र और 11 कौड़ियां रखकर मां के चरणों में अर्पित करें। नौ दिनों बाद इन्हें अपनी तिजोरी या कार्यस्थल पर रख दें। 3. नकारात्मक ऊर्जा और तंत्र बाधा से मुक्ति: शाम के समय कपूर के ऊपर दो लौंग (साबुत) रखकर जलाएं और पूरे घर में उसका धुआं दिखाएं। इससे घर की सारी नेगेटिविटी खत्म हो जाएगी। 4. शीघ्र विवाह के योग के लिए: यदि विवाह में अड़चनें आ रही हैं, तो प्रथम दिन मां दुर्गा को शृंगार की सामग्री (मेहंदी, सिंदूर, चूड़ियां, बिंदी आदि) अर्पित करें। इससे वैवाहिक जीवन की बाधाएं दूर होती हैं। ALSO READ: आषाढ़ गुप्त नवरात्रि में जरूर करें ये 4 काम, मां दुर्गा की कृपा से खुलेंगे सुख-समृद्धि के द्वार 5. मनोकामना पूर्ति (सर्वकार्य सिद्धि): एक साबुत पानी वाला नारियल लें, उस पर कलावा (मौली) बांधें और अपनी मनोकामना कहते हुए उसे मां के चरणों में अर्पित कर दें। नौवें दिन इसे बहते जल में प्रवाहित कर दें। विशेष नोट: गुप्त नवरात्रि की पूजा में सात्विकता और पवित्रता का विशेष ध्यान रखें। इन नौ दिनों में तामसिक भोजन (प्याज, लहसुन, मांस-मदिरा) का पूरी तरह त्याग करें।
Halharini Amavasya: हलहारिणी अमावस्या पर किए जाने वाले पितृ दोष निवारण के 10 विशेष उपाय
Pitru Dosh Remedies: हिंदू धर्म में हलहारिणी अमावस्या को पितरों के तर्पण, दान-पुण्य और आत्मिक शुद्धि के लिए अत्यंत शुभ माना जाता है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार अमावस्या तिथि पर श्रद्धा और विधिपूर्वक किए गए पितृ कर्म से पितरों की कृपा प्राप्त होती है तथा परिवार में सुख, शांति और समृद्धि का संचार होता है। यदि किसी व्यक्ति की कुंडली में पितृ दोष बताया गया हो अथवा परिवार में बिना वजह कलह, तरक्की में रुकावट और संतान संबंधी परेशानियां आ रही हैं, तो धार्मिक परंपराओं में इस दिन कुछ विशेष धार्मिक उपाय करने की सलाह दी जाती है। ALSO READ: Halharini Amavasya 2026: हलहारिणी अमावस्या कब है, क्या करते हैं इस दिन? आइए जानते हैं हलहारिणी अमावस्या पर किए जाने वाले 10 प्रमुख पारंपरिक उपाय। 1. पवित्र नदी में स्नान और तर्पण अमावस्या के दिन सूर्योदय से पहले किसी पवित्र नदी- जैसे गंगा, यमुना या नर्मदा में स्नान करें। इसके बाद हाथ में कुशा, जो कि एक प्रकार की घास होती है, काले तिल और जल लेकर दक्षिण दिशा की ओर मुख करके अपने पितरों का स्मरण करते हुए 3 बार तर्पण यानी जल अर्पित करें। 2. पीपल के वृक्ष की पूजा और परिक्रमा पीपल के पेड़ में देवताओं के साथ-साथ पितरों का भी वास माना जाता है। अत: सुबह के समय पीपल की जड़ में कच्चा दूध, गंगाजल, काले तिल और चीनी मिला हुआ जल अर्पित करें। इसके बाद 'ॐ पितृभ्यः नमः' मंत्र का जाप करते हुए पीपल की 7 बार परिक्रमा करें। शाम को पेड़ के नीचे सरसों के तेल का दीपक जलाएं। 3. पंचबलि भोग अमावस्या के दिन घर में सात्विक भोजन बनाएं। ध्यान रहें कि यह बिना लहसुन-प्याज का हो। फिर भोजन तैयार होने के बाद सबसे पहले 5 विशेष हिस्से निकालें: गोबलि: गाय के लिए श्वानबलि: कुत्ते के लिए काकबलि: कौए के लिए देवादिबलि: देवताओं या अग्नि के लिए पिपीलिकादिबलि: चींटियों के लिए ये विशेष भोजन निकालने के बारे में माना जाता है कि कौए और कुत्ते के माध्यम से यह भोजन सीधे पितरों तक पहुंचता है। 4. दक्षिण दिशा में 'पितृ दीपक' जलाना अमावस्या की शाम को घर के दक्षिण कोने में या मुख्य द्वार पर दक्षिण दिशा की ओर मुख करके सरसों के तेल का एक दीपक जरूर जलाएं। दक्षिण दिशा को पितरों की दिशा माना जाता है, वहां दीपक जलाने से पितृ प्रसन्न होकर सुख-समृद्धि का आशीर्वाद देते हैं। 5. हलहारिणी अमावस्या पर 'हल' और अन्न का दान चूंकि यह हलहारिणी अमावस्या है, इसलिए इस दिन कृषि से जुड़ी चीजों या मौसमी फसलों का दान बहुत फलदायी होता है। किसी जरूरतमंद किसान को खेती की सामग्री दान करें या किसी गरीब को गेहूं, चावल, और गुड़ का दान करें। इससे पितृ तृप्त होते हैं। ALSO READ: Devshayani Ekadashi 2026: देवशयनी एकादशी से शुरू होंगे चातुर्मास, 4 महीने के लिए लग जाएगी मंगल कार्यों पर रोक 6. गीता के 7वें अध्याय का पाठ पितरों की आत्मा की शांति और उन्हें मोक्ष दिलाने के लिए हलहारिणी अमावस्या के दिन श्रीमद्भगवद्गीता के सातवें अध्याय का पाठ करें। यदि आप स्वयं पाठ नहीं कर सकते, तो इसे घर में ऑडियो के रूप में चलाकर शांति से सुनें। पाठ का पुण्य अपने पितरों को अर्पित करें। 7. काले तिल और कुश का विशेष दान पितृ दोष से मुक्ति के लिए अमावस्या के दिन काले तिल, कुशा घास, ऊनी वस्त्र या छाते का दान करना बेहद शुभ माना जाता है। इसे किसी योग्य ब्राह्मण या जरूरतमंद व्यक्ति को आदरपूर्वक दें। 8. जल पात्र या घड़े का दान गर्मी और उमस के इस मौसम में किसी मंदिर, प्याऊ या सार्वजनिक स्थान पर पानी से भरा मिट्टी का घड़ा या कलश दान करना महादान माना गया है। राहगीरों को ठंडा जल पिलाने से पितरों की आत्मा को परम शांति मिलती है और कुंडली का पितृ दोष शांत होता है। 9. चींटियों और मछलियों को भोजन देना सुबह के समय किसी सूखे तालाब, पेड़ के नीचे या पार्क में चींटियों के लिए 'कसार' यानी भुने हुए आटे में चीनी या शक्कर मिलाकर खिलायें। इसके अलावा, आटे की छोटी-छोटी गोलियां बनाकर किसी साफ नदी या तालाब की मछलियों को खिलाएं। यह उपाय राहु-केतु के दोष को भी दूर करता है, जो अक्सर पितृ दोष का कारण बनते हैं। 10. गायत्री मंत्र या पितृ गायत्री का जाप अमावस्या के दिन शांत चित्त होकर सफेद आसन पर बैठें और गायत्री मंत्र का 108 बार जाप करें। या फिर आप इस विशेष पितृ मंत्र का जाप कर सकते हैं: 'ॐ देवताभ्यः पितृभ्यश्च महायोगिभ्य एव च नमः स्वाहायै स्वधायै नित्यमेव नमो नमः॥' विशेष नोट: हलहारिणी अमावस्या के दिन घर में किसी भी प्रकार के वाद-विवाद, कलह या तामसिक भोजन यानी मांस-मदिरा से पूरी तरह दूर रहें। मन में शांत और क्षमा का भाव रखकर किए गए उपाय ही पितरों तक पहुंचते हैं। हलहारिणी अमावस्या- FAQS प्रश्न 1. क्या हलहारिणी अमावस्या पर पितृ तर्पण किया जा सकता है? उत्तर: हां, धार्मिक परंपराओं में इस दिन पितृ तर्पण को शुभ माना जाता है। प्रश्न 2. क्या पितृ दोष के लिए केवल यही उपाय पर्याप्त हैं? उत्तर: धार्मिक मान्यताओं के अनुसार ये पारंपरिक उपाय हैं। विशेष अनुष्ठान के लिए योग्य आचार्य से परामर्श लेना उचित रहता है। प्रश्न 3. क्या इस दिन दान करना आवश्यक है? उत्तर: दान अनिवार्य नहीं है, लेकिन अपनी सामर्थ्य के अनुसार अन्न, वस्त्र या अन्य आवश्यक वस्तुओं का दान पुण्यदायी माना जाता है। प्रश्न 4. पितरों के लिए कौन-सा दान शुभ माना जाता है? उत्तर: काले तिल, अन्न, गुड़, वस्त्र, जल और भोजन का दान पारंपरिक रूप से शुभ माना जाता है। प्रश्न 5. क्या कौओं को भोजन कराने का महत्व है? उत्तर: कई धार्मिक परंपराओं में कौओं को पितरों का प्रतीक मानकर उन्हें भोजन अर्पित करने की परंपरा प्रचलित है। अस्वीकरण (Disclaimer) : चिकित्सा, स्वास्थ्य संबंधी नुस्खे, योग, धर्म, ज्योतिष, इतिहास, पुराण आदि विषयों पर वेबदुनिया में प्रकाशित/प्रसारित वीडियो, आलेख एवं समाचार सिर्फ आपकी जानकारी के लिए हैं, जो विभिन्न सोर्स से लिए जाते हैं। इनसे संबंधित सत्यता की पुष्टि वेबदुनिया नहीं करता है। सेहत या ज्योतिष संबंधी किसी भी प्रयोग से पहले विशेषज्ञ की सलाह जरूर लें। इस कंटेंट को जनरुचि को ध्यान में रखकर यहां प्रस्तुत किया गया है जिसका कोई भी वैज्ञानिक प्रमाण नहीं है। ALSO READ: Devshayani Ekadashi 2026: वर्ष 2026 में देवशयनी एकादशी कब है?
आज के इस दौर में जहां एक तरफ मंदी (Recession) और छंटनी (Layoffs) की खबरों से टेक इंडस्ट्री में खौफ का माहौल रहता है, वहीं दूसरी तरफ कुछ लोग अपनी मेहनत और लगन से समाज के सामने एक नई मिसाल पेश कर रहे हैं. सोशल मीडिया (Social Media) पर इन दिनों एक ऐसा ही पोस्ट तेजी से वायरल (Viral Post) हो रहा है, जिसने हर किसी का दिल जीत लिया है.यह कहानी एक ऐसे युवक की है जो दिन में एक नामी कंपनी में सीनियर सॉफ्टवेयर डेवलपर (Software Developer) के पद पर काम करता है और रात होते ही अपनी जरूरतों और परिवार की आर्थिक स्थिति को संभालने के लिए उबर (Uber) टैक्सी चलाने निकल पड़ता है.लिंक्डइन और एक्स (X) पर वायरल हुई पोस्ट; पैसेंजर ने शेयर की स्टोरीयह पूरा मामला तब प्रकाश में आया जब एक उबर पैसेंजर ने इस कैब को बुक किया था. सफर के दौरान जब पैसेंजर ने ड्राइवर से बातचीत शुरू की, तो वह उसकी अंग्रेजी और बात करने के लहजे (Communication Skills) से बेहद प्रभावित हुआ.हैरान कर देने वाला खुलासा: जब पैसेंजर ने उससे उसके बैकग्राउंड के बारे में पूछा, तो ड्राइवर ने बेहद सादगी से बताया कि वह एक टेक फर्म में कोडिंग और सॉफ्टवेयर डेवलपमेंट का काम करता है.मजबूरी या चॉइस? युवक ने बताया कि दिन की नौकरी से मिलने वाली सैलरी उसके परिवार के मेडिकल खर्चों और होम लोन (Home Loan) की ईएमआई चुकाने में ही निकल जाती है. इसलिए, अतिरिक्त आय (Extra Income) के लिए वह हर रोज ऑफिस के बाद रात 9 बजे से रात 2 बजे तक उबर कैब चलाता है.इंटरनेट पर लोगों ने किया सलाम; 'मूनलाइटिंग' पर छिड़ी नई बहसइस पोस्ट के वायरल होते ही सोशल मीडिया दो धड़ों में बंट गया है, लेकिन बहुतायत लोग इस युवक के जज्बे और उसकी कड़ी मेहनत की जमकर तारीफ कर रहे हैं:मेहनत को सलाम: अधिकांश नेटिजन्स का कहना है कि कोई भी काम छोटा या बड़ा नहीं होता. अपनी ईमानदारी की कमाई के लिए दिन-रात एक करने वाले इस डेवलपर की कहानी युवाओं के लिए बेहद प्रेरणादायक है.मूनलाइटिंग (Moonlighting) पर चर्चा: इस पोस्ट ने कॉर्पोरेट जगत में एक बार फिर 'मूनलाइटिंग' (एक साथ दो काम करना) पर बहस छेड़ दी है. कुछ लोगों का मानना है कि कंपनियों को आर्थिक तंगी के इस दौर में कर्मचारियों को अपनी मर्जी से एक्स्ट्रा काम करने की छूट देनी चाहिए, बशर्ते उनकी मुख्य नौकरी प्रभावित न हो.महंगाई और आर्थिक दबाव: कई टेक एक्सपर्ट्स ने इस बात पर चिंता जताई है कि आज के समय में मेट्रो शहरों (जैसे बेंगलुरु, मुंबई, दिल्ली) में रहने का खर्च और महंगाई इतनी बढ़ चुकी है कि एक अच्छी सॉफ्टवेयर जॉब होने के बाद भी लोगों को पार्ट-टाइम काम करना पड़ रहा है.
Aaj Ka Rashifal: आज का दैनिक राशिफल: मेष से मीन तक 12 राशियों का राशिफल (14 जुलाई, 2026)
1. मेष राशि (Aries) Today 14 July horoscope in Hindi 2026: करियर: कार्यस्थल पर आपके काम की सराहना होगी और जूनियर आपसे सलाह लेंगे। लव: जीवनसाथी के साथ किसी महत्वपूर्ण पारिवारिक मुद्दे पर सहमति बनेगी। धन: नई संपत्ति या वाहन खरीदने के योग बन रहे हैं। स्वास्थ्य: ऊर्जा का स्तर ऊंचा रहेगा, लेकिन सावधानी रखें। उपाय: हनुमान अष्टक का पाठ करें। ALSO READ: Chaturmas 2026: वर्ष 2026 में चातुर्मास कब से कब तक रहेगा? 2. वृषभ राशि (Taurus) करियर: दफ्तर में सहकर्मियों के साथ तालमेल बिठाकर चलें। लव: प्रेम संबंधों में कुछ गलतफहमियां आ सकती हैं। धन: अचानक खर्चों की अधिकता हो सकती है। स्वास्थ्य: गले में संक्रमण या सर्दी-जुकाम की शिकायत हो सकती है। उपाय: सुंदरकांड का पाठ करें या लाल रंग का रुमाल अपने पास रखें। 3. मिथुन राशि (Gemini) करियर: व्यापार या नौकरी में किसी नई तकनीक को अपनाने से लाभ होगा। लव: पार्टनर के साथ आपसी समझ बढ़ेगी। धन: रुका हुआ पैसा वापस मिलने से आर्थिक बोझ कम होगा। स्वास्थ्य: स्वास्थ्य अच्छा रहेगा। मन प्रसन्न रहेगा। उपाय: पक्षियों को दाना डालें। 4. कर्क राशि (Cancer) करियर: ऑफिस की राजनीति से खुद को दूर रखें और केवल अपने काम पर ध्यान दें। लव: मुश्किल समय में जीवनसाथी का पूरा सहयोग मिलेगा, जिससे आपका हौसला बढ़ेगा। धन: आज किसी भी बड़े वित्तीय लेन-देन या उधार देने से बचें। स्वास्थ्य: सिरदर्द और आंखों में थकान महसूस हो सकती है। उपाय: शिवलिंग पर लाल चंदन का तिलक लगाएं और जल अर्पित करें। 5. सिंह राशि (Leo) करियर: सरकारी नौकरी से जुड़े लोगों को कोई बड़ी और शुभ सूचना मिल सकती है। लव: लव लाइफ में नया उत्साह देखने को मिलेगा। धन: शेयर बाजार या म्यूचुअल फंड में लंबे समय के लिए फायदा होगा। स्वास्थ्य: खुद को तरोताजा महसूस करेंगे। उपाय: उगते सूर्य को अर्घ्य दें। 6. कन्या राशि (Virgo) करियर: नौकरीपेशा लोगों को प्रमोशन या सैलरी बढ़ने की खुशखबरी मिल सकती है। लव: अविवाहित लोगों के लिए विवाह के अच्छे रिश्ते आ सकते हैं। धन: पुराने किए गए निवेश का आज बेहतर रिटर्न मिल सकता है। स्वास्थ्य: सुबह की सैर और हल्का व्यायाम आपको ऊर्जावान बनाए रखेगा। उपाय: भगवान गणेश को सिंदूर और दूर्वा अर्पित करें। 7. तुला राशि (Libra) करियर: नौकरीपेशा के लिए आज का दिन कोई बड़ी उपलब्धि लेकर आ सकता है। लव: पार्टनर की भावनाओं को समझने का प्रयास करें। धन: धन का आगमन ठीक रहेगा, लेकिन फिजूलखर्ची से बचना होगा। स्वास्थ्य: मांसपेशियों में खिंचाव या बदन दर्द की समस्या हो सकती है। उपाय: किसी जरूरतमंद व्यक्ति को लाल मसूर की दाल का दान करें। ALSO READ: सूर्य का कर्क राशि में गोचर, जानें मेष से मीन तक सभी 12 राशियों का राशिफल 8. वृश्चिक राशि (Scorpio) करियर: आज कार्यस्थल पर आपकी स्थिति मजबूत होगी। लव: पार्टनर के साथ अच्छा समय बिताने का मौका मिलेगा। धन: पैतृक संपत्ति से जुड़े विवाद आज सुलझ सकते हैं। स्वास्थ्य: मानसिक रूप से खुद को शांत और केंद्रित महसूस करेंगे। उपाय: हनुमान जी के मंदिर में जाकर चमेली के तेल का दीपक जलाएं। 9. धनु राशि (Sagittarius) करियर: नई नौकरी की तलाश कर रहे लोगों को सफलता मिल सकती है। लव: पार्टनर के साथ कहीं बाहर घूमने जाने का प्लान बन सकता है। धन: आज आपकी कोई बड़ी आर्थिक चिंता दूर हो सकती है। स्वास्थ्य: अधिक मसालेदार भोजन से लिवर से जुड़ी समस्या हो सकती है। उपाय: माथे पर केसर या हल्दी का तिलक लगाएं। 10. मकर राशि (Capricorn) करियर: अपनी कार्यशैली में सुधार करने की आवश्यकता है। लव: जीवनसाथी के साथ किसी बात को लेकर अनबन हो सकती है। धन: बड़े निवेश को आज के लिए टाल देना ही बेहतर होगा। स्वास्थ्य: और अनिद्रा की शिकायत हो सकती है। उपाय: बंदरों को गुड़ और चना खिलाएं। 11. कुंभ राशि (Aquarius) करियर: नौकरी में आपकी नई योजनाएं सफल होंगी। लव: लव पार्टनर के साथ रिश्ता और गहरा होगा। धन: सुख-सुविधाओं पर किया गया खर्च आपको संतुष्टि देगा। स्वास्थ्य: सेहत उत्तम रहेगी। उपाय: हनुमान चालीसा का 7 बार पाठ करें। 12. मीन राशि (Pisces) करियर: दफ्तर में आपके काम की लगन देखकर अधिकारी वर्ग प्रसन्न होगा। लव: पार्टनर के साथ किसी पुराने विवाद का अंत होगा। धन: आज आर्थिक उन्नति के योग हैं। स्वास्थ्य: एलर्जी से जुड़ी कोई छोटी-मोटी समस्या हो सकती है। उपाय: भगवान विष्णु के मंदिर में पीली मिठाई का भोग लगाएं। ALSO READ: गुप्त नवरात्रि 2026: पहले दिन कलश स्थापना का शुभ मुहूर्त, जानें पूजा का सही समय
सुबह 6:30 बजे। बेलडांगा के देवकुंडा हाई मदरसा में स्पीकर पर वंदे मातरम् बजता है। पहली लाइन खत्म होते-होते बच्चों की आवाज धीमी पड़ जाती है। ज्यादातर बच्चे सिर्फ होंठ हिला रहे होते हैं। पश्चिम बंगाल में 614 सरकारी मदरसे हैं। ज्यादातर में बीते एक महीने से यही हो रहा है। इन मदरसों में 5 लाख से ज्यादा बच्चे पढ़ते हैं। दरअसल, 19 मई को पश्चिम बंगाल के सरकारी मदरसों में आदेश आया कि बच्चों के प्रार्थना के दौरान सबसे पहले वंदे मातरम् गाना होगा। इसके बाद से टीचर स्कूलों में हर दिन बच्चों को गाने की तैयारी करवा रहे हैं। दूरदराज के एरिया में ज्यादातर मुस्लिम बच्चे सिर्फ बांग्ला जानते हैं। वंदे मातरम् के शुरुआती दो छंद संस्कृत में हैं, इसलिए टीचर बच्चों को स्पीकर या मोबाइल पर गीत सुना रहे हैं। पश्चिम बंगाल में पहली बार BJP की सरकार आई है। पहले लेफ्ट और बाद में तृणमूल कांग्रेस की सरकार ने कभी मदरसों की प्रार्थना में वंदे मातरम को अनिवार्य नहीं किया। अभी जिस वक्त वंदे मातरम् गाने का आदेश आया, तब गर्मी की छुटि्टयां चल रही थीं। अब स्कूल खुलने के बाद क्या स्थिति है, ये जानने दैनिक भास्कर की टीम अलग-अलग जिलों के 5 मदरसों और स्कूलों में पहुंची। देखिए और पढ़िए यहां क्या मिला… जगह: देवकुंडा हाई मदरसा, बेलडांगा देवकुंडा हाई मदरसे में 200 से ज्यादा बच्चे प्रार्थना के कतार में खड़े हैं। प्रिंसिपल मोहम्मद खसरु अहमद हाथ में माइक लेकर बांग्ला में कहते हैं, ‘शोबाई मोन दिये शोनो। आज आबार बोन्दे मातोरोम शिक्बो’ यानी ‘ध्यान से सुनो, आज फिर वंदे मातरम् सीखेंगे।’ अगले ही पल स्पीकर पर वंदे मातरम् बजने लगता है। गीत के दो अंतरे आए जाते हैं। देवकुंडा हाई मदरसा पश्चिम बंगाल के मुर्शिदाबाद जिले के बेलडांगा में है। मदरसों में वंदे मातरम् गाने के आदेश पर मोहम्मद खसरू कहते हैं, ‘हम पहले से ये गीत गाते आए हैं। सरकार के फैसले से परेशानी नहीं है।’ सरकारी आदेश है कि वंदे मातरम् गीत के सभी 6 अंतरे गाना है। प्रार्थना के दौरान सिर्फ दो अंतरे गाए, ऐसा क्यों? मोहम्मद खसरु जवाब देते हैं, ‘अभी बच्चे गीत सीख रहे हैं। पूरा गाना मुमकिन नहीं है, इसलिए नहीं गा रहे हैं।’ ऑल इंडिया मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड और जमीयत उलेमा-ए-हिंद जैसे मुस्लिम संगठन वंदे मातरम् गाने का विरोध करते हैं, लेकिन 12वीं में पढ़ने वाली सोनू यासीम को इससे गुरेज नहीं है। वे कहती हैं ‘मैंने कई बार ये गीत सुना है, लेकिन मदरसे में इसे गाते नहीं थे। इसमें परेशानी जैसा कुछ नहीं है। पहले जन-गण-मन गा रहे थे, अब वंदे मातरम् भी गाएंगे। बस इसे सीखने में टाइम लगेगा।’ जगह: रहमानिया हायर सेकेंडरी स्कूल, आसनसोल पश्चिम बंगाल बोर्ड ऑफ हायर सेकेंडरी एजुकेशन बोर्ड के उर्दू मीडियम स्कूल भी है। ज्यादातर मुस्लिम आबादी वाले इलाकों में हैं। इनमें से एक रहमानिया हाई स्कूल आसनसोल के रेलपार एरिया में है। यहां नर्सरी से 12वीं तक की पढ़ाई होती है। हम स्कूल पहुंचे, तब सुबह की प्रार्थना हो रही थी। पहले अल्लामा इकबाल का उर्दू में लिखा ‘लब पे आती है दुआ बनके तमन्ना मेरी’ गीत गाया गया और फिर जन-गण-मन। आखिर में स्कूल के एक टीचर ने बच्चों से कहा कि अब राष्ट्रगीत वंदे मातरम् बजाया जाएगा, आप सभी को सावधान की मुद्रा में इसे सुनना है। टीचर जेब से मोबाइल निकालते हैं। यू-ट्यूब पर वंदे मातरम् सर्च करते हैं। गीत बजते ही फोन स्पीकर के सामने रख देते हैं। बच्चे उसे ध्यान से सुनने लगे। हमने स्कूल के सीनियर असिस्टेंट बख्तियार आलम से पूछा, आदेश तो वंदे मातरम् गाने का है, फिर फोन से क्यों सुना रहे हैं? वे कहते हैं, ‘बच्चों के लिए नया तराना फौरन गा पाना थोड़ा मुश्किल है। हमारे यहां उर्दू में पढ़ाई होती है। बच्चे हिंदी और बांग्ला बिल्कुल नहीं जानते। वंदे मातरम् संस्कृत में हैं। इसलिए छोटे बच्चों को परेशानी हो रही है। इसके शब्द भी मुश्किल हैं। हाई स्कूल के स्टूडेंट्स ने उर्दू में तराना लिखकर दिया है, लेकिन बच्चों को बोलने में दिक्कत आ रही है।’ आपने इस परेशानी से लिए कहीं शिकायत की? बख्तियार जवाब देते हैं, ‘सरकार का आदेश है, तो मानना पड़ेगा। हम बच्चों को पहाड़े की तरह एक-दो लाइन याद करवा रहे हैं। फिलहाल स्पीकर पर गाना सुनाया जा रहा है। उम्मीद है एक-दो महीने में बच्चे गाना सीख जाएंगे।’ जगह: सैयद नजरुल इस्लाम जूनियर हाई मदरसा, आसनसोल सैयद नजरुल इस्लाम जूनियर हाई मदरसा की हालत बहुत अच्छी नहीं है। बच्चों के लिहाज से क्लास रूम कम है। एक हॉल को दो हिस्सों में बांटकर क्लास लगाई जाती है। सुबह की प्रार्थना के लिए भी जगह नहीं है। बच्चे क्लास से ही प्रार्थना में शामिल होते हैं। यहां माइक और स्पीकर खराब हैं, इसलिए मोबाइल पर ही वंदे मातरम् सुनाया जाता है। मोबाइल की आवाज जहां तक जाती है, वहीं तक के बच्चे इसे सुन पाते हैं। टीचर सैयद कबीरुद्दीन अहमद स्कूल में सुविधाओं की कमी से नाराज हैं। वे कहते हैं, ‘2011 में यहां 200 स्टूडेंट, 6 टीचर, एक हेडमास्टर और एक प्यून थे। अब करीब एक हजार स्टूडेंट हो गए, लेकिन टीचर्स उतने ही हैं।’ क्लास की हालत देखकर लगा कबीरुद्दीन की शिकायत सही है। स्कूल में लाइट नहीं थी। तेज गर्मी में लड़कियां कॉपी से हवा कर रही थीं। स्कूल में स्टॉफ रूम के नाम पर एक झोपड़ीनुमा कमरा है। इसमें एक पुराना पंखा, अलमारी और कुर्सी टेबल है। छत भी टूटी हुई है। इसे प्लास्टिक से बंद किया गया है। टीचर्स यहां सिर्फ रजिस्टर में हाजिरी लगाने आते हैं, इसके बाद क्लास में ही रहते हैं। जगह: सोदपुर कोलयिरी हाईस्कूल, आसनसोल आखिर में हम हिंदी-बांग्ला मीडियम स्कूलों में गए। दो जगह चुनीं। पश्चिम बर्धवान जिले का आसनसोल और दुर्गापुर। आसनसोल के सोदपुर कोलयिरी हाईस्कूल में हिंदी और बांग्ला दोनों में पढ़ाई होती है। यह स्कूल 5वीं से 12वीं तक है। यहां भी स्पीकर पर वंदे मातरम् बजाया गया, लेकिन बच्चे भी इस गीत को गा रहे थे। कुछ बच्चे जरूर राष्ट्रगीत गाने में असहज थे। स्कूल की टीचर इन चार्ज श्रावणी गोस्वामी कहती हैं, ‘ज्यादातर बच्चों को राष्ट्रीय गीत के दो पैराग्राफ याद हैं। गीत के शब्द बहुत कठिन है। हमने इसे क्लास के वॉट्सऐप ग्रुप में भेजा है ताकि शब्द पढ़कर आसानी से याद कर सकें। ये गीत पश्चिम बंगाल में लिखा गया। यहां के लोग इस गीत को भूले नहीं थे। सरकारी आदेश के बाद से ये प्रैक्टिस में आ गया है।’ हमने कहा कि किसी बच्चे से वंदे मातरम् गवाकर सुना सकते हैं। स्टाफ ने जवाब दिया- बच्चे असेंबली में गाते हैं, अलग से गवाकर क्या दिखाना। जगह: प्राइमरी-जूनियर हाई स्कूल, झांझरा, दुर्गापुर आखिर में हम झांझरा के प्राइमरी-जूनियर हाई स्कूल पहुंचे। यहां हिंदी और बांग्ला मीडियम में पढ़ाई होती है। स्कूल में एक तरफ फ्री प्राइमरी और दूसरी तरफ एक कमरे में जूनियर हाई सेक्शन है। इसमें एक ही क्लास में छठवी से आठवीं की क्लास चलती है। हम यहां पहुंचे तब, एक कमरे में तीनों क्लास के बच्चे थे। हमने इस बारे में जूनियर हाई स्कूल के हेड मास्टर मनोज कुमार मंडल से बात की। वे कहते हैं, ‘स्कूल 2019 में शुरू हुआ था। अभी एक कमरे में दो टीचर बच्चों को एडजस्ट करके पढ़ा रहे हैं। कई बार कम टीचर होने की शिकायत की है, लेकिन फायदा नहीं हुआ। एक टीचर को बच्चों को वंदे मातरम् सिखाने की जिम्मेदारी दी है। वे कहती हैं, अभी तो टीचर्स को ही इसे गाने में दिक्कत होती है। इसलिए हमने बच्चों को गीत लिखकर दिया है और कठिन शब्द याद करवा रहे हैं।’ धर्मगुरु बोले- वंदे मातरम् ही क्यों, ‘सारे जहां से अच्छा’ भी तो गा सकते हैंऑल इंडिया इमाम मुअज्जिन एंड सोशल वेलफेयर ऑर्गेनाइजेशन के प्रदेश अध्यक्ष मौलाना मोहम्मद शाकिफ कासमी सरकार के फैसले से खुश नहीं हैं। वे कहते हैं, ‘वंदे मातरम् गाने से मुसलमानों की धार्मिक भावनाओं का मसला होता है। इसकी जगह पर कोई और गाना भी हो सकता है। जन-गण-मन और सारे जहां से अच्छा, में से कोई भी एक गाना रख सकते हैं।’ उर्दू स्कूलों और मदरसों में स्पीकर पर वंदे मातरम सुनाए जाने और याद कराने के बारे में पूछने पर वे कहते हैं, ‘स्पीकर पर बजाने से धार्मिक भावनाएं आहत नहीं होती है। जिन्हें अच्छा लग रहा है, वे कर रहे हैं, इसमें कोई परेशानी की बात नहीं है।’ वंदे मातरम् पर क्यों है विवाद मुस्लिम धर्मगुरुओं को वंदे मातरम् के तीसरे, चौथे, पांचवें और छठवें छंद पर आपत्ति है, क्योंकि इसमें मातृभूमि को देवी, दुर्गा, लक्ष्मी और सरस्वती कहा गया है। आजादी की लड़ाई के वक्त मुस्लिम लीग ने भी इसे गैर-इस्लामिक बताया था। संविधान सभा ने 24 जनवरी, 1950 को वंदे मातरम् के शुरुआती दो छंदों को राष्ट्रगीत का दर्जा दिया था। 2006 में वंदे मातरम् के 100 साल पूरे होने पर केंद्र सरकार ने इसे स्कूलों में गाने का आदेश दिया। तब इस्लामिक संगठन जमात उलमा ए हिंद ने कहा कि कोई सच्चा मुसलमान वंदे मातरम् नहीं गा सकता। यूपी के देवबंद में वंदे मातरम् गाने के खिलाफ फतवा भी जारी किया गया था।
जैसलमेर में पशुधन चिकित्सक एवं पशुधन निरीक्षक 3000 रुपए रिश्वत लेते अरेस्ट
जैसलमेर। राजस्थान में भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (एसीबी) ने सोमवार को जैसलमेर जिले में राजकीय प्रथम श्रेणी पशु चिकित्सालय मोहनगढ़ के पशुधन चिकित्सक डॉ राघव डोई एवं पशुधन निरीक्षक सोनू रैगर को तीन हजार रुपए की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार किया। ब्यूरो की अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक स्मिता श्रीवास्तव ने बताया कि इन दोनों ने […] The post जैसलमेर में पशुधन चिकित्सक एवं पशुधन निरीक्षक 3000 रुपए रिश्वत लेते अरेस्ट appeared first on Sabguru News .
भरतपुर में सेवर की खुली जेल से फरार तीन कैदियों ने जयपुर में की अपने ही दोस्त की हत्या
भरतपुर। राजस्थान में भरतपुर के सेवर की खुली जेल से फरार होकर तीन कुख्यात कैदियों द्वारा रविवार देर रात जयपुर में मानसरोवर मेट्रो स्टेशन के पास आतिश मार्केट के एक क्लब में बर्थ-डे पार्टी के दौरान चाकू घोंपकर अपने ही दोस्त की हत्या कर देने के बाद भरतपुर जेल प्रशासन में हड़कंप मचा हुआ है। […] The post भरतपुर में सेवर की खुली जेल से फरार तीन कैदियों ने जयपुर में की अपने ही दोस्त की हत्या appeared first on Sabguru News .
अभिनेता शाहरुख, अजय देवगन, टाइगर श्रॉफ की ओर से जवाब प्रस्तुत
बारां। राजस्थान में विमल पान मसाला विज्ञापन से जुड़े मामले में जिला उपभोक्ता विवाद निवारण्यो ग (उपभोक्ता न्यायालय) बारां में वीरेंद्र सिंह बनाम विमल अग्रवाल परिवाद पर सोमवार को सुनवाई हुई। मामले में अभिनेता शाहरुख खान, अजय देवगन एवं टाइगर श्रॉफ की ओर से उनके अधिवक्ताओं ने न्यायालय में लिखित जवाब प्रस्तुत किया। अभिनेताओं की […] The post अभिनेता शाहरुख, अजय देवगन, टाइगर श्रॉफ की ओर से जवाब प्रस्तुत appeared first on Sabguru News .
झुंझुनूं : चलती ट्रेन से तीन करोड़ रुपए का गोल्ड चोरी प्रकरण का खुलासा
झुंझुनूं/जयपुर/जींद। राजस्थान की झुंझुनूं जिला पुलिस और हरियाणा पुलिस की विशेष अनुसंधान टीम (एसआईटी) ने चलती ट्रेन से तीन करोड़ रुपए के सोने के जेवरात चोरी होने की सनसनीखेज वारदात का खुलासा करते हुए नवलगढ़ इलाके से तीन शातिर आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आधिकारिक सूत्रों के अनुसार पुलिस ने आरोपियों की निशानदेही पर जमीन […] The post झुंझुनूं : चलती ट्रेन से तीन करोड़ रुपए का गोल्ड चोरी प्रकरण का खुलासा appeared first on Sabguru News .
कालीचरण दास खण्डेलवाल सीनियर सिटीजन सोसायटी के संरक्षक मनोनीत
अजमेर। सीनियर सिटीजन सोसायटी अजमेर अधिशासी परिषद की द्विमासिक मीटिंग हरि भाऊ उपाध्याय नगर विस्तार स्थित जय अंबे सेवा समिति के वृद्धाश्रम में सेवानिवृत्त जिला न्यायाधीश रवि प्रकाश शर्मा की अध्यक्षता में आयोजित हुई।विशिष्ट अतिथि चिरंजी लाल शर्मा रहे। मीडिया प्रभारी डॉ एसडी मिश्रा ने बताया कि कार्यकारणी ने सर्वसम्मति से समाजसेवी कालीचरण दास खण्डेलवाल […] The post कालीचरण दास खण्डेलवाल सीनियर सिटीजन सोसायटी के संरक्षक मनोनीत appeared first on Sabguru News .
अखिल भारतीय अधिवक्ता परिषद के राजस्थान क्षेत्र की दो दिवसीय बैठक संपन्न
जयपुर। अखिल भारतीय अधिवक्ता परिषद (ABAP) के राजस्थान क्षेत्र की दो दिवसीय बैठक रविवार को अधिवक्ता भवन में संपन्न हुई। बैठक में संगठन के विभिन्न पदाधिकारियों ने भाग लिया तथा आगामी वर्ष की कार्ययोजना पर विस्तृत विचार-विमर्श किया। बैठक में संगठन के उत्तर क्षेत्र के क्षेत्रीय संगठन मंत्री श्रीहरि बोरिकर एवं संयुक्त महामंत्री रणबीर सिंह […] The post अखिल भारतीय अधिवक्ता परिषद के राजस्थान क्षेत्र की दो दिवसीय बैठक संपन्न appeared first on Sabguru News .
अमरनाथ यात्रा पर जा रहे गुजरात के सैनी समाज प्रतिनिधिमंडल से मिले राष्ट्रीय अध्यक्ष प्रीतम सिंह सैनी
जम्मू। गणमान्य समाज संगठन (सैनी समाज) के राष्ट्रीय अध्यक्ष प्रीतम सिंह सैनी ने अमरनाथ यात्रा के लिए जम्मू पहुंचे गुजरात के सैनी समाज के प्रतिनिधिमंडल का गर्मजोशी से स्वागत किया। गुजरात से आए प्रतिनिधिमंडल ने सैनी से मुलाकात कर सामाजिक, सांस्कृतिक और समाज से जुड़े विभिन्न विषयों पर चर्चा की। मुलाकात के दौरान सैनी समाज […] The post अमरनाथ यात्रा पर जा रहे गुजरात के सैनी समाज प्रतिनिधिमंडल से मिले राष्ट्रीय अध्यक्ष प्रीतम सिंह सैनी appeared first on Sabguru News .
इंग्लैंड के खिलाफ एकदिवसीय सीरीज कल से शुरु, इन 3 भारतीय चेहरों पर रहेगी नजर
ENGvsIND इंग्लैंड के खिलाफ टी-20 सीरीज में सूपड़ा साफ होने के बाद भारतीय क्रिकेट प्रशंसको की उम्मीदें एकदिवसीय क्रिकेट में कुछ अच्छी खबर सुनने की तरफ होगी क्योंकि इस प्रारुप में वरिष्ठ खिलाड़ी फैंस को हार के सिलसिले को तोड़ने का माद्दा रखते हैं क्योंकि उन्होंने भरपूर आराम लिया है।कोहली, रोहित और जसप्रीत बुमराह उस प्रारूप में खेलने के लिए वापसी कर रहे हैं। रोहित हाल ही में अफगानिस्तान सीरीज में शिरकत करते देखे गए थे। लेकिन विराट कोहली ने फरवरी में इंदौर में न्यूजीलैंड के खिलाफ अंतिम एकदिवसीय मैच खेला था। बुमराह की बात की जाए तो वह तो 2 साल से टी-20 विश्वकप के लिए तैयारी कर रहे थे। 2 बार टीम को कप जिताने के बाद अब वह अगले साल होने वाले एकदिवसीय विश्वकप की तैयारी कर रहे हैं। जसप्रीत बुमराह ने अंतिम एकदिवसीय मैच भी विश्वकप फाइनल 2023 खेला था। रोहित और कोहली ने पिछले कई वर्षों में इंग्लैंड के गेंदबाजों की जमकर धुनाई की है और वह इस बात को अच्छी तरह से जानते हैं कि उनसे क्या उम्मीद की जा रही है।भारतीय टीम प्रबंधन ने रोहित और कोहली के लिए चीजें आसान बनाकर नहीं रखी हैं लेकिन अभी टीम जिस परिस्थिति से गुजर रही है उसे देखते हुए वह इन दोनों का खुले दिल से स्वागत करने के लिए विवश होगा। वनडे में जीत से टी20 की कमियों को छुपाया नहीं जा सकता लेकिन इससे खिलाड़ियों का मनोबल ज़रूर बढेगा। कप्तान शुभमन गिल की वापसी और अनुभवी केएल राहुल की मौजूदगी से भारत के पास अनुभवी बल्लेबाजों की एक शानदार चौकड़ी है, जो किसी भी मैच का रुख पलट सकती है।अगर श्रेयस अय्यर को भी इसमें शामिल कर लिया जाए, तो बल्लेबाजी इकाई को लेकर ज्यादा चिंता की कोई बात नहीं होनी चाहिए। लेकिन गेंदबाजी इकाई के लिए ऐसा नहीं कहा जा सकता है जिसे बुमराह की वापसी से मजबूती मिलेगी। भारत के नए तेज गेंदबाज गुरनूर बराड़ को इंग्लैंड की पिचों पर अपनी लेंथ को लेकर बिल्कुल अलग चुनौती का सामना करना पड़ेगा।अर्शदीप सिंह बाएं हाथ के तेज गेंदबाज के रूप में निश्चित रूप से टीम को एक नया आयाम देंगे, जबकि शिवम दुबे चौथे तेज गेंदबाज होंगे। दुबे को चोटिल हार्दिक पंड्या और नीतीश कुमार रेड्डी की अनुपस्थिति के कारण मजबूरी में टीम में शामिल किया गया है। वॉशिंगटन सुंदर और अक्षर पटेल दोनों ने ही टी20 श्रृंखला में बल्लेबाजी और गेंदबाजी दोनों में निराशाजनक प्रदर्शन किया। लेकिन शायद ही उन्हें इसका खामियाजा भुगतना पड़ेगा क्योंकि भारतीय टीम प्रबंधन उनकी बल्लेबाजी को तवज्जो दे रहा है और वह बल्लेबाजी में टीम के सर्वश्रेष्ठ स्पिनर कुलदीप यादव से ज्यादा योगदान दे रहे हैं। इंग्लैंड के खिलाफ भारत के लिए यह फायदे की बात होगी कि मेजबान टीम ने 27 जनवरी के बाद से कोई भी वनडे मैच नहीं खेला है।बहुत सारे टी20 और कुछ टेस्ट मैच (न्यूजीलैंड के खिलाफ) खेलने के बाद इंग्लैंड को इस प्रारूप के लिए अपनी लय में लौटना होगा हालांकि टी20 में शानदार जीत से उसके खिलाड़ियों का मनोबल काफी बढ़ा होगा। बल्लेबाजी क्रम में जो रूट के शामिल होने से इंग्लैंड की बल्लेबाजी को और अधिक मजबूती मिलेगी। बल्लेबाजी में उसका दारोमदार हैरी ब्रूक, जैकब बेथेल और जोस बटलर पर टिका रहेगा।उपमहाद्वीप की पिचों की तुलना में अधिक चुनौतीपूर्ण पिचों पर जोफ्रा आर्चर और जोश टंग जैसे सटीक गेंदबाजी करने वाले तेज गेंदबाजों का सामना करना एक अलग ही चुनौती है। भारतीय दल में अब दाएं हाथ के बल्लेबाज ज्यादा रहेंगें इस कारण सैम करन और लियाम डॉसन की भूमिका ज्यादा होगी। इंग्लैंड ने लगभग टी-20 का दल ही एकदिवसीय मैचों के लिए रखा है इस कारण कागज पर भारत बेहतर दल लग रहा है।फिल साल्ट की जगह बेन डकेट सलामी बल्लेबाजी संभालेंगे। RoKo, Captain Gill and Bumrah are all set to light up the #ENGvIND ODI series. Watch the 1st ODI tomorrow, 2:30 PM onwards, LIVE on Sony Sports Network TV… pic.twitter.com/XhoNBRslOc — Sony Sports Network (@SonySportsNetwk) July 13, 2026 टीम इस प्रकार हैं: भारत: शुभमन गिल (कप्तान), रोहित शर्मा, विराट कोहली, श्रेयस अय्यर (उप-कप्तान), केएल राहुल (विकेटकीपर), इशान किशन (विकेटकीपर), वॉशिंगटन सुंदर, अक्षर पटेल, शिवम दुबे, कुलदीप यादव, जसप्रीत बुमराह, प्रसिद्ध कृष्णा, अर्शदीप सिंह, गुरनूर बराड़, प्रिंस यादव। इंग्लैंड : हैरी ब्रूक (कप्तान), बेन डकेट, जोस बटलर (विकेटकीपर), टॉम बैंटन, जो रूट, जैकब बेथेल, विल जैक्स, रेहान अहमद, लियाम डॉसन, जेम्स कोल्स, सैम कुरेन, गस एटकिंसन, जोफ्रा आर्चर, जोश टंग, साकिब महमूद, आदिल राशिद। समय: दोपहर 3:30 बजे
The Odyssey Preview: क्रिस्टोफर नोलन की 23900 करोड़ रुपये की फिल्म में मिथक, रोमांच और तकनीक का संगम
हॉलीवुड के मशहूर निर्देशक क्रिस्टोफर नोलन अपनी नई फिल्म 'द ओडिसी' (The Odyssey) के जरिए एक बार फिर दर्शकों को ऐसी दुनिया में ले जाने वाले हैं, जहां रोमांच, रहस्य, युद्ध, प्रेम और संघर्ष का अद्भुत मेल देखने को मिलेगा। यह फिल्म प्राचीन यूनानी कवि होमर के प्रसिद्ध महाकाव्य 'ओडिसी' पर आधारित है, जिसे विश्व साहित्य की सबसे महान रचनाओं में गिना जाता है। लंबे समय से इस कहानी पर फिल्म बनाने की चर्चा होती रही, लेकिन नोलन इसे आधुनिक तकनीक और अपने खास सिनेमाई अंदाज में बड़े पर्दे पर उतार रहे हैं। इस फिल्म का बजट 250 मिलियन डॉलर या लगभग 23900 करोड़ रुपये है। कहानी क्या है? फिल्म की कहानी युद्ध के बाद इथाका के राजा ओडीसियस की घर वापसी की रोमांचक यात्रा पर आधारित है। युद्ध जीतने के बाद भी उनका संघर्ष खत्म नहीं होता। घर लौटने के दौरान उन्हें समुद्र के देवताओं के क्रोध, रहस्यमयी द्वीपों, राक्षसों, जादूगरनी सर्सी, एक-आंख वाले दैत्य साइक्लोप्स और कई खतरनाक चुनौतियों का सामना करना पड़ता है। यह सफर केवल शारीरिक नहीं बल्कि मानसिक और भावनात्मक परीक्षा भी है। इसी वजह से यह कहानी आज भी दुनिया भर के पाठकों और फिल्म प्रेमियों को आकर्षित करती है। फिल्म की सबसे बड़ी खासियत 'द ओडिसी' को अब तक की सबसे महत्वाकांक्षी फिल्मों में माना जा रहा है। क्रिस्टोफर नोलन इस फिल्म को अत्याधुनिक IMAX कैमरों से शूट कर रहे हैं ताकि दर्शकों को विशाल समुद्री युद्ध, प्राचीन सभ्यताओं और रोमांचक दृश्यों का वास्तविक अनुभव मिल सके। फिल्म में बड़े पैमाने पर वास्तविक लोकेशन, विशाल सेट और कम से कम कंप्यूटर ग्राफिक्स का उपयोग करने की कोशिश की गई है। यही नोलन की फिल्मों की पहचान भी रही है। दमदार स्टारकास्ट फिल्म में मैट डेमन मुख्य भूमिका में नजर आएंगे और वह ओडीसियस के किरदार में नजर आएंगे। उनके साथ टॉम हॉलैंड, ऐन हैथवे, चार्लीज़ थेरॉन, रॉबर्ट पैटिनसन, जैसे कई बड़े कलाकार शामिल हैं। इतनी बड़ी स्टारकास्ट ने फिल्म को पहले ही चर्चा का विषय बना दिया है। निर्देशक क्रिस्टोफर के बारे में क्रिस्टोफर नोलन को आधुनिक दौर के सबसे प्रभावशाली फिल्म निर्देशकों में गिना जाता है। उन्होंने इन्सेप्शन, इंटरस्टेलर, डनकर्क, द डार्क नाइट ट्रिलॉजी और ओपेनहाइमर जैसी विश्वप्रसिद्ध फिल्में बनाई हैं। उनकी फिल्मों की पहचान जटिल लेकिन दिलचस्प कहानी, शानदार सिनेमैटोग्राफी, वास्तविक लोकेशन और तकनीकी उत्कृष्टता है। 'ओपेनहाइमर' की सफलता के बाद 'द ओडिसी' को लेकर दर्शकों की उम्मीदें और भी बढ़ गई हैं। फिल्म से जुड़े रोचक तथ्य यह फिल्म होमर के लगभग तीन हजार वर्ष पुराने महाकाव्य का आधुनिक सिनेमाई रूप है। बताया जा रहा है कि इसे कई देशों में वास्तविक लोकेशन पर शूट किया गया है। फिल्म में IMAX तकनीक का बड़े स्तर पर उपयोग होगा और इसे अब तक की सबसे भव्य फिल्मों में शामिल माना जा रहा है। शुरुआती रिपोर्टों के अनुसार इसका बजट भी हॉलीवुड की सबसे महंगी फिल्मों में गिना जा सकता है। रिलीज से काफी पहले ही दुनिया भर के दर्शकों और फिल्म विशेषज्ञों के बीच इसे लेकर जबरदस्त उत्सुकता देखी जा रही है। क्यों खास है 'द ओडिसी'? यह फिल्म केवल एक पौराणिक कहानी नहीं बल्कि साहस, धैर्य, परिवार, नेतृत्व और कभी हार न मानने की भावना का प्रतीक है। यदि क्रिस्टोफर नोलन अपनी पिछली फिल्मों की तरह यहां भी कहानी और तकनीक का बेहतरीन संतुलन बना पाए, तो 'द ओडिसी' वर्ष की सबसे यादगार और चर्चित हॉलीवुड फिल्मों में शामिल हो सकती है।
देवशयनी एकादशी 2026: कई शुभ योगों का दुर्लभ संयोग, ये 5 उपाय जरूर करें
आषाढ़ मास के शुक्ल पक्ष की एकादशी को देवशयनी एकादशी कहा जाता है। हिंदू धर्म में इस तिथि का विशेष महत्व है, क्योंकि इसी दिन से भगवान श्री हरि विष्णु अगले चार महीनों के लिए क्षीरसागर में योग निद्रा में चले जाते हैं और चातुर्मास की शुरुआत होती है। इस पर यह तिथि 25 जुलाई 2026 को है। इस वर्ष देवशयनी एकादशी पर अमृतसिद्धि योग, शिववास योग, ब्रह्म योग, इंद्र योग, सूर्य और उच्च के गुरु का पुष्य नक्षत्र संयोग आदि कई दुर्लभ और शुभ योगों का संयोग बन रहा है, जो इस दिन किए जाने वाले पूजा-पाठ और उपायों के फल को कई गुना बढ़ा देंगे। यदि आप भी अपने जीवन में सुख-समृद्धि, मानसिक शांति और कर्ज से मुक्ति चाहते हैं, तो इस शुभ संयोग में ये 5 विशेष उपाय जरूर करें। 1. केसर मिश्रित दूध से नारायण का अभिषेक देवशयनी एकादशी के शुभ संयोग में भगवान विष्णु का दक्षिणावर्ती शंख में केसर मिश्रित दूध या गंगाजल भरकर अभिषेक करें। इसके बाद उन्हें पीले रंग के वस्त्र, पीले फूल और पीले फल अर्पित करें। ऐसा करने से भगवान विष्णु अत्यंत प्रसन्न होते हैं और साधक की आर्थिक परेशानियां दूर होती हैं। 2. तुलसी पूजा और दीपदान तुलसी जी को भगवान विष्णु की परम प्रिय माना गया है। एकादशी की शाम को तुलसी के पौधे के सामने गाय के घी का दीपक जलाएं और ॐ नमो भगवते वासुदेवाय मंत्र का जाप करते हुए तुलसी जी की 11 या 21 बार परिक्रमा करें। ध्यान रहे कि एकादशी के दिन तुलसी के पत्ते नहीं तोड़े जाते और न ही उनमें जल चढ़ाया जाता है, इसलिए केवल दीपदान और परिक्रमा ही करें। 3. विष्णु सहस्रनाम या स्तोत्र का पाठ चूंकि भगवान विष्णु इसके बाद चार महीनों के लिए निद्रा में चले जाएंगे, इसलिए उन्हें प्रसन्न करने के लिए देवशयनी एकादशी पर 'विष्णु सहस्रनाम' या 'नारायण कवच' का पाठ अवश्य करें। यदि पाठ करना संभव न हो, तो इसे शांत मन से श्रवण करें। इससे घर की नकारात्मक ऊर्जा समाप्त होती है और सुख-शांति का वास होता है। 4. पीले अनाज और वस्त्रों का दान शुभ योगों के इस महासंयोग में दान करने का महत्व बहुत बढ़ जाता है। इस दिन किसी ब्राह्मण या जरूरतमंद व्यक्ति को पीले रंग की वस्तुएं जैसे- चना दाल, केला, सोना, हल्दी, या पीले वस्त्र दान करें। इस दान से कुंडली में गुरु ग्रह मजबूत होता है, जिससे करियर और व्यापार में आ रही बाधाएं दूर होती हैं। 5. पीपल के वृक्ष पर अर्घ्य और प्रार्थना शास्त्रों के अनुसार पीपल के पेड़ में भगवान विष्णु और माता लक्ष्मी का वास होता है। एकादशी के दिन सुबह के समय पीपल के वृक्ष पर जल अर्पित करें और शाम को वहां एक दीपक जलाकर अपनी मनोकामना कहें। यह उपाय कर्ज से मुक्ति दिलाने और अटके हुए धन को वापस पाने के लिए बेहद अचूक माना जाता है।
दिल्ली पुलिस के हेड कांस्टेबल ने पत्नी की गोली मारकर की हत्या
नई दिल्ली। दिल्ली पुलिस के एक हेड कांस्टेबल ने रविवार देर रात पूर्वी दिल्ली के विनोद नगर इलाके में पत्नी की कथित तौर पर गोली मारकर हत्या कर दी। यह घटना पत्नी के जन्मदिन पर दोनों के बीच हुए विवाद के बाद हुई। वारदात के बाद आरोपी मौके से फरार हो गया। पुलिस के अनुसार […] The post दिल्ली पुलिस के हेड कांस्टेबल ने पत्नी की गोली मारकर की हत्या appeared first on Sabguru News .
रांची। झारखंड के पलामू जिले के चैनपुर थाना क्षेत्र के रबदा गांव में सोमवार सुबह चाचा ने अपने ही 12 वर्षीय भतीजे की चाकू मारकर हत्या कर दी। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। मृतक की पहचान रबदा गांव निवासी साधु बैठा के 12 वर्षीय पुत्र रोशन बैठा के […] The post झारखंड के पलामू जिले में अंधविश्वास की भेंट चढ़ा 12 वर्षीय मासूम, चाचा ने चाकू मारकर की भतीजे की हत्या appeared first on Sabguru News .
सुप्रीम कोर्ट ने बंगाल मदरसा स्टाफ की नियमतीकरण की याचिका खारिज की
नई दिल्ली। सुप्रीम कोर्ट ने पश्चिम बंगाल के मदरसों में अपनी नियुक्ति के लिए मान्यता की मांग करने वाले 350 शिक्षकों एवं अन्य स्टाफ की याचिका सोमवार को खारिज कर दी। पश्चिम बंगाल मदरसा सेवा आयोग अधिनियम 2008 को कलकत्ता उच्च न्यायालय की एकल न्यायाधीश पीठ ने असंवैधानिक करार दिया था, जिसके बाद इन सभी […] The post सुप्रीम कोर्ट ने बंगाल मदरसा स्टाफ की नियमतीकरण की याचिका खारिज की appeared first on Sabguru News .
तमिलनाडु के मदुरै में दो बसों की टक्कर से 5 लोगों की मौत, 42 घायल
चेन्नई। तमिलनाडु में मदुरै जिले के कोट्टमपट्टी के पास सोमवार तड़के एक निजी बस और तमिलनाडु राज्य परिवहन निगम की बस की टक्कर से पांच लोगों की मौत हो गई और 42 अन्य घायल हो गए। पुलिस सूत्रों के अनुसार मृतकों में चार पुरुष और एक महिला शामिल है। सभी घायलों को इलाज के लिए […] The post तमिलनाडु के मदुरै में दो बसों की टक्कर से 5 लोगों की मौत, 42 घायल appeared first on Sabguru News .
सुप्रीम कोर्ट ने तमिलनाडु सरकार को राज्य में गो-हत्या रोकने के लिए मद्रास हाई कोर्ट द्वारा दिए गए निर्देश पर रोक लगा दी है। राज्य में अब गो-हत्या पर हाई कोर्ट के आदेश की वजह से बकरीद के समय लगा प्रतिबंध हट गया है। ALSO READ: अब इस तरह होगी अयोध्या राम मंदिर में CEO की नियुक्ति, कौन कर सकता है इस पद के लिए आवेदन न्यायमूर्ति विक्रम नाथ और न्यायमूर्ति संदीप मेहता की पीठ ने मामले पर सुनवाई करते हुए नोटिस जारी किया और अगली सुनवाई तक हाईकोर्ट के फैसले के प्रभाव पर रोक लगाने का आदेश दिया। विजय सरकार ने दी थी हाईकोर्ट के फैसले को चुनौती तमिलनाडु की सी जोसेफ विजय सरकार ने प्रदेश में गाय और बछड़े की हत्या पर पूरी तरह से बैन लगाने के मद्रास हाई कोर्ट के आदेश को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी थी। इस केस में तमिलनाडु सरकार की ओर से सुप्रीम कोर्ट के वरिष्ठ वकील और कांग्रेस के राज्यसभा सांसद अभिषेक मनु सिंघवी ने पैरवी की थी। ALSO READ: भारत में फिर बढ़ने लगे कोरोना के मामले: कुमार सानू के बेटे जान अस्पताल में भर्ती क्या थी सिंंघवी की दलील? सिंघवी ने सुप्रीम कोर्ट में दलील दी कि हाई कोर्ट का आदेश तमिलनाडु एनिमल प्रिजर्वेशन एक्ट,1958 का विरोधाभासी है। इसके तहत सक्षम अधिकारी द्वारा जारी सर्टिफिकेट के आधार पर 10 साल से ज्यादा उम्र की वह गाय, जो कि काम में इस्तेमाल या बच्चा देने लायक नहीं हैं, उनकी हत्या की अनुमति है। सरकार ने यह भी तर्क दिया कि मौजूदा कानून पशुओं के वध को नियंत्रित करते हैं, लेकिन वे इस पर पूर्ण प्रतिबंध लगाने का प्रावधान नहीं करते। गौरतलब है कि मद्रास हाई कोर्ट ने एक जनहित याचिका पर सुनवाई करने के बाद 27 मई, 2027 को तमिलनाडु में गो-हत्या पर पूर्ण पाबंदी वाला आदेश जारी किया था। अपने आदेश में मद्रास हाई कोर्ट ने सुप्रीम कोर्ट के उन फैसलों को भी शामिल किया था, जिसमें कहा गया था कि बकरीद के लिए गाय की कुर्बानी आवश्यक नहीं है।
अमरीकी हमलों के जवाब में ईरान ने तीन देशों में सैन्य ठिकानों को बनाया निशाना
तेहरान। इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड्स कोर (आईआरजीसी) ने दक्षिणी ईरान पर रविवार रात हुए अमेरिकी हवाई हमलों के जवाब में सोमवार तड़के जॉर्डन, बहरीन और कुवैत स्थित अमेरिकी सैन्य ठिकानों पर मिसाइल और ड्रोन हमले किए। आईआरजीसी ने एक बयान में कहा कि अमरीका ने होर्मुज जलडमरूमध्य में जहाजों पर कथित हमलों को आधार बनाकर दक्षिणी […] The post अमरीकी हमलों के जवाब में ईरान ने तीन देशों में सैन्य ठिकानों को बनाया निशाना appeared first on Sabguru News .
नई दिल्ली। सुप्रीम कोर्ट ने अयोध्या राम मंदिर चढ़ावे में गड़बड़ी और धन के दुरुपयोग के आरोपों की केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) से जांच कराने की मांग वाली याचिकाओं पर सोमवार को केंद्र सरकार, उत्तर प्रदेश सरकार और श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट को नोटिस जारी किया। न्यायालय ने उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा गठित विशेष […] The post राम मंदिर चढ़ावा गड़बड़ी मामले में सीबीआई जांच की मांग पर केंद्र, उप्र सरकार, ट्रस्ट को सुप्रीम कोर्ट का नोटिस appeared first on Sabguru News .
सूर्य का शनि के पुष्य नक्षत्र में गोचर, जानें मेष से मीन तक सभी 12 राशियों पर इसका प्रभाव
ज्योतिष शास्त्र में ग्रहों के राजा सूर्य देव का नक्षत्र परिवर्तन बेहद महत्वपूर्ण माना जाता है। 20 जुलाई 2026 को सूर्य देव पुनर्वसु नक्षत्र से निकलकर शनि के स्वामित्व वाले और नक्षत्रों के राजा माने जाने वाले पुष्य नक्षत्र में प्रवेश करने जा रहे हैं। वे इस नक्षत्र में 3 अगस्त 2026 तक विराजमान रहेंगे। सूर्य और शनि के बीच भले ही शत्रुता का भाव हो, लेकिन पुष्य नक्षत्र को बेहद शुभ, पोषण करने वाला और समृद्धि देने वाला माना गया है। जब मान-सम्मान के कारक सूर्य इस कल्याणकारी नक्षत्र में आते हैं, तो यह सभी 12 राशियों के जीवन में बड़े बदलाव लेकर आता है। आइए जानते हैं कि इसगोचर का आपकी राशि पर क्या प्रभाव पड़ेगा। मेष राशि: सुख-सुविधाओं ALSO READ: सूर्य का कर्क राशि में गोचर, जानें मेष से मीन तक सभी 12 राशियों का राशिफल में वृद्धि मेष राशि के जातकों के लिए यह नक्षत्र परिवर्तन बेहद शुभ है। कार्यक्षेत्र में आपको कोई बड़ी जिम्मेदारी या नया प्रोजेक्ट मिल सकता है। भूमि, भवन या वाहन खरीदने के प्रबल योग बनेंगे। माता के पक्ष से पूरा सहयोग और लाभ मिलेगा। आर्थिक स्थिति मजबूत होगी। वृषभ राशि: करियर में मान-सम्मान और नई शुरुआत आपके लिए 20 जुलाई से शुरू हो रहा यह गोचर एक नई ऊर्जा लेकर आ रहा है। करियर के क्षेत्र में बड़ा उछाल देखने को मिलेगा। किसी नए निवेश या प्रॉपर्टी संबंधी कार्यों में पैसा लगाना आपके लिए मुनाफे का सौदा साबित होगा। सहकर्मियों का पूरा साथ मिलेगा। मिथुन राशि: आर्थिक मजबूती और धन लाभ मिथुन राशि वालों के लिए सूर्य का पुष्य नक्षत्र में जाना आर्थिक रूप से शानदार परिणाम देगा। आपकी वाणी के प्रभाव से अटके हुए काम पूरे होंगे। पैतृक संपत्ति से लाभ या अचानक धन लाभ के योग हैं। निवेश करने के लिए यह समय बहुत उत्तम है। ALSO READ: मंगल का चंद्रमा के नक्षत्र में प्रवेश, इन 5 राशियों की चमकेगी किस्मत, मंगलदेव बरसाएंगे कृपा कर्क राशि: पद-प्रतिष्ठा में लाभ, पर वाणी पर रखें संयम कर्क राशि वालों के लिए यह गोचर करियर में नए अवसर लाएगा, लेकिन चूंकि सूर्य शनि के नक्षत्र में हैं, इसलिए आपको कार्यस्थल पर वरिष्ठ अधिकारियों या बॉस के साथ वाद-विवाद से बचना चाहिए। अपने गुस्से और अहंकार पर काबू रखें तथा वाहन सावधानी से चलाएं। ALSO READ: मंगल का चंद्रमा के नक्षत्र में प्रवेश, इन 5 राशियों की चमकेगी किस्मत, मंगलदेव बरसाएंगे कृपा सिंह राशि: आत्मविश्वास में बढ़ोतरी और सफलता चूंकि सूर्य देव आपकी ही राशि के स्वामी हैं, इसलिए उनके नक्षत्र बदलने से आपके आत्मविश्वास और पराक्रम में जबरदस्त इजाफा होगा। समाज में आपकी प्रतिष्ठा बढ़ेगी। सरकारी क्षेत्रों या उच्च अधिकारियों से सीधा लाभ मिल सकता है। पुरानी स्वास्थ्य समस्याओं से राहत मिलेगी। कन्या राशि: किस्मत का मिलेगा पूरा साथ कन्या राशि वालों के लिए यह गोचर भाग्यशाली रहेगा। आपके रुके हुए सरकारी काम पूरे होने की प्रबल संभावना है। छात्रों के लिए यह समय उच्च शिक्षा और प्रतियोगी परीक्षाओं में सफलता का संकेत दे रहा है। अपनी वाणी में विनम्रता बनाए रखें, काम अपने आप बनते चले जाएंगे। तुला राशि: सूझबूझ से मिलेगी स्थिरता तुला राशि के लिए यह गोचर जीवन में स्थिरता लेकर आ रहा है। यह समय आपको अनुशासित होकर काम करने की प्रेरणा देगा। जल्दबाजी में कोई भी व्यावसायिक समझौता या निर्णय न लें। पारिवारिक विवादों को बातचीत से सुलझाने का यह सबसे उत्तम समय है। वृश्चिक राशि: भाग्य का साथ और लाभकारी यात्राएं वृश्चिक राशि के जातकों के लिए यह गोचर भाग्य के बंद दरवाजे खोल सकता है। आपके अटके हुए कामों को गति मिलेगी। छात्रों को शिक्षा के क्षेत्र में बड़ी सफलता मिल सकती है। व्यावसायिक या धार्मिक यात्राओं के योग बनेंगे, जो भविष्य में लाभदायक रहेंगी। धनु राशि: मिले-जुले परिणाम, सेहत का रखें ध्यान धनु राशि वालों के लिए यह गोचर मिले-जुले परिणाम देगा। आर्थिक मामलों में आपको थोड़ी सावधानी बरतनी होगी। अचानक से कुछ अनपेक्षित खर्च सामने आ सकते हैं। इस दौरान खान-पान का ध्यान रखें और पैतृक संपत्ति से जुड़े मामलों में कोई जल्दबाजी न दिखाएं। मकर राशि: सुख-समृद्धि का संचार चूंकि पुष्य नक्षत्र के स्वामी शनि देव हैं और मकर राशि के स्वामी भी शनि हैं, इसलिए यह गोचर आपके लिए अत्यंत फलदायी साबित होगा। आर्थिक लाभ और पारिवारिक खुशहाली का योग है। आप लंबे समय से सोचे गए किसी बड़े प्रोजेक्ट को इस दौरान धरातल पर उतार सकते हैं। कुंभ राशि: विरोधियों पर विजय, पर सहकर्मियों से न उलझें कुंभ राशि वालों के लिए यह गोचर कोर्ट-कचहरी या विवादित मामलों में सफलता दिलाने वाला रहेगा। आप अपने शत्रुओं पर हावी रहेंगे। हालांकि, कार्यक्षेत्र में अपने वरिष्ठों और सहकर्मियों के साथ तालमेल बिठाकर चलें और अनावश्यक बहस से पूरी तरह दूर रहें। मीन राशि: फोकस बनाए रखने की जरूरत मीन राशि के जातकों को इस अवधि में अपने लक्ष्यों के प्रति पूरी तरह केंद्रित रहना होगा। विद्यार्थियों को पढ़ाई में अधिक मेहनत करनी पड़ सकती है। प्रेम संबंधों और प्रियजनों के साथ बातचीत करते समय थोड़ा पोलाइट (विनम्र) रहें, ताकि कोई गलतफहमी पैदा न हो। शुभ फल पाने के उपाय इस गोचर काल का अधिकतम लाभ उठाने के लिए: रोज सुबह तांबे के लोटे से सूर्य देव को जल (अर्घ्य) अर्पित करें। नियमित रूप से ॐ आदित्याय नमः मंत्र का जाप करें। पुष्य नक्षत्र के स्वामी शनि देव को प्रसन्न करने के लिए शनिवार के दिन जरूरतमंदों की मदद करें।
कर्नाटक लोक सेवा आयोग अध्यक्ष शिवशंकरप्पा एस साहूकार को राज्यपाल ने किया निलंबित
बेंगलूरु। कर्नाटक के राज्यपाल थावरचंद गहलोत ने कर्नाटक लोक सेवा आयोग के अध्यक्ष शिवशंकरप्पा एस साहूकार को अपने संवैधानिक पद का दुरुपयोग करने के आरोप में सोमवार को निलंबित कर दिया। आयोग के अध्यक्ष पर अपनी दो बेटियों को आरक्षण का गलत लाभ लेकर सरकारी नौकरी देने का आरोप है। राज्यपाल ने आयोग अध्यक्ष पर […] The post कर्नाटक लोक सेवा आयोग अध्यक्ष शिवशंकरप्पा एस साहूकार को राज्यपाल ने किया निलंबित appeared first on Sabguru News .
‘जुरासिक पार्क’अभिनेता सैम नील का 78 वर्ष की उम्र में निधन
वेलिंगटन। हॉलीवुड के वरिष्ठ अभिनेता और जुरासिक पार्क तथा द पियानो जैसी चर्चित फिल्मों में अपनी दमदार अभिनय क्षमता के लिए चर्चित सैम नील का निधन हो गया। वह 78 वर्ष के थे। नील का सोमवार को ऑस्ट्रेलिया के सिडनी में निधन हो गया। उनके आधिकारिक सोशल मीडिया पेज पर जारी बयान में कहा गया […] The post ‘जुरासिक पार्क’ अभिनेता सैम नील का 78 वर्ष की उम्र में निधन appeared first on Sabguru News .
आषाढ़ अमावस्या 2026: पितरों की कृपा पाने और पितृदोष से मुक्ति के 5 अचूक उपाय
हिंदू धर्म में अमावस्या तिथि का विशेष महत्व है, और जब बात आषाढ़ महीने की अमावस्या की हो, तो इसका आध्यात्मिक मूल्य और भी बढ़ जाता है। आषाढ़ अमावस्या को पितरों के तर्पण, श्राद्ध और दान-पुण्य के लिए बेहद पवित्र माना गया है। यदि आपकी कुंडली में पितृदोष है या जीवन में बिना वजह परेशानियां आ रही हैं, तो इस दिन कुछ खास कार्य करके आप अपने पितरों को प्रसन्न कर सकते हैं। आइए जानते हैं उन 5 मुख्य कार्यों के बारे में, जिन्हें करने से पितरों का आशीर्वाद मिलता है और पितृदोष से मुक्ति मिलती है। 1. पवित्र नदी में स्नान और तर्पण आषाढ़ अमावस्या के दिन सूर्योदय से पहले किसी पवित्र नदी, सरोवर या तीर्थ स्थल पर स्नान करने का विधान है। यदि नदी पर जाना संभव न हो, तो घर पर ही नहाने के पानी में थोड़ा सा गंगाजल मिलाकर स्नान करें। इसके बाद अंजलि में जल, काले तिल, कुश और जौ लेकर पितरों का ध्यान करते हुए उन्हें तर्पण दें। ऐसा करने से पितरों की आत्मा तृप्त होती है और वे वंशजों को सुख-समृद्धि का आशीर्वाद देते हैं। ALSO READ: आषाढ़ कृष्ण चतुर्दशी और अमावस्या का संयोग आज, यदि कर लिए ये 5 कार्य तो चमक जाएगी किस्मत 2. पिंडदान और श्राद्ध कर्म यदि किसी कारणवश पूर्वजों की पुण्यतिथि पर उनका श्राद्ध न किया जा सका हो, तो आषाढ़ अमावस्या इसके लिए सर्वोत्तम तिथि है। इस दिन योग्य ब्राह्मणों के माध्यम से आदरपूर्वक पितरों के निमित्त पिंडदान या तर्पण करवाना चाहिए। दोपहर के समय (कुतुप मुहूर्त में) किया गया श्राद्ध सीधे पितरों तक पहुंचता है और इससे कुंडली में मौजूद गंभीर से गंभीर पितृदोष भी शांत होता है। 3. पंचबलि भोग और ब्राह्मण भोज अमावस्या के दिन सात्विक भोजन बनाएं और उसका एक हिस्सा सबसे पहले अग्नि को समर्पित करें। इसके बाद शास्त्रों के अनुसार 'पंचबलि' निकालें, यानी भोजन के पांच हिस्से करके उन्हें क्रमशः गाय, कुत्ते, कौए, देवादि और चींटियों को खिलाएं। इसके उपरांत आदरपूर्वक ब्राह्मणों को भोजन कराएं और अपनी सामर्थ्य के अनुसार वस्त्र, अनाज या दक्षिणा देकर उन्हें विदा करें। माना जाता है कि कौए और गाय के रूप में पितर ही हमारा दिया भोग स्वीकार करते हैं। ALSO READ: हलहारिणी अमावस्या की पौराणिक कथा 4. पीपल के वृक्ष की पूजा और दीपदान पीपल के पेड़ में देवताओं के साथ-साथ पितरों का भी वास माना गया है। आषाढ़ अमावस्या के दिन सुबह के समय पीपल के वृक्ष पर जल में दूध, काले तिल और गंगाजल मिलाकर अर्पित करें। इसके बाद शाम के समय पीपल के जड़ के पास सरसों के तेल का एक दीपक (दीपदान) जलाएं और अपने पितरों की शांति के लिए प्रार्थना करें। ध्यान रहे कि इस दिन पीपल के वृक्ष की परिक्रमा करना भी अत्यंत शुभ फलदायी होता है। 5. तिल, अन्न और गुप्त दान अमावस्या की तिथि दान के बिना अधूरी मानी जाती है। इस दिन जरूरतमंदों या किसी गरीब व्यक्ति को काले तिल, सफेद वस्त्र, छाता, चप्पल, घी या मौसमी फलों का दान करें। आषाढ़ के महीने में गर्मी और बारिश का मौसम होता है, इसलिए इस समय जल का दान करना (जैसे प्याऊ लगवाना या पानी का मटका दान करना) महापुण्य का काम माना जाता है। इस प्रकार के दान से पितर अत्यंत प्रसन्न होकर घर में खुशहाली का वरदान देते हैं। ALSO READ: Halharini Amavasya 2026: हलहारिणी अमावस्या कब है, क्या करते हैं इस दिन? ALSO READ: Halharini Amavasya: हलहारिणी अमावस्या पर किए जाने वाले पितृ दोष निवारण के 10 विशेष उपाय
अजमेर कलेक्ट्रेट पर राष्ट्रीय ध्वज आधा झुका, नगर निगम में फहराता रहा
अजमेर। कतर के पूर्व अमीर शेख हमद बिन खलीफा अल-थानी के निधन पर केन्द्र सरकार द्वारा घोषित एक दिवसीय राष्ट्रीय शोक के तहत अजमेर कलेक्ट्रेट में सोमवार को राष्ट्रीय ध्वज आधा झुका रहा। वहीं प्रशासनिक अनदेखी के चलते नगर निगम की भव्य इमारत पर ध्वज यथावत फहराता रहा। सामान्य प्रशासन (प्रोटोकॉल) विभाग द्वारा जारी आदेश […] The post अजमेर कलेक्ट्रेट पर राष्ट्रीय ध्वज आधा झुका, नगर निगम में फहराता रहा appeared first on Sabguru News .
सारण : खेत में काम करने गई युवती से सामूहिक दुष्कर्म, 4 आरोपी अरेस्ट
छपरा। बिहार में सारण जिले के मांझी थाना क्षेत्र में खेत में अकेली काम करने गयी एक युवती से दुष्कर्म करने वाले चार युवकों को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस सूत्रों ने आज बताया कि डुमरी गांव की एक युवती अकेले अपने खेत में काम कर रही थी। इसी दौरान उसे खेत में […] The post सारण : खेत में काम करने गई युवती से सामूहिक दुष्कर्म, 4 आरोपी अरेस्ट appeared first on Sabguru News .
बालोतरा : ट्रेलर के पीछे कार के टकराने से 5 लोगों की मौत, 3 घायल
बालोतरा। राजस्थान में बालोतरा जिले के पचपादरा थाना क्षेत्र में रविवार देर रात को ट्रेलर के पीछे स्कॉर्पियो कार के टकराने से पांच लोगों की मौत हाे गई जबकि तीन अन्य लोग घायल हो गये हैं। पुलिस सूत्रों ने सोमवार को बताया कि बीती देर रात भांडियावास के पास राष्ट्रीय राजमार्ग पर तेज रफ्तार स्कॉर्पियो […] The post बालोतरा : ट्रेलर के पीछे कार के टकराने से 5 लोगों की मौत, 3 घायल appeared first on Sabguru News .
वाराणसी में होटल पर पुलिस का छापा, देह व्यापार का भंडाफोड़
वाराणसी। उत्तर प्रदेश के वाराणसी में सिगरा थाना क्षेत्र स्थित एक होटल में रविवार शाम को पुलिस ने छापेमारी कर देह व्यापार का भंडाफोड़ करते हुए पांच युवतियों, दो ग्राहकों तथा होटल के दो संचालकों समेत कुल 9 लोगों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने सोमवार को बताया कि अनैतिक देह व्यापार की सूचना पर […] The post वाराणसी में होटल पर पुलिस का छापा, देह व्यापार का भंडाफोड़ appeared first on Sabguru News .
London Trip: प्रधानमंत्री से पब्लिक तक मेट्रो, सिटी बस में सफर करते हैं
London Trip 3: लंदन की यातायात व्यवस्था पर नजर डालते हैं। वहां मेट्रो और सिटी बसों की बात करते हैं। मेट्रो को वहां अंडरग्राउंड व ट्यूब कहते हैं। लंदन शहर की आबादी 91 लाख है तो उपनगरों को मिलाकर डेढ़ करोड़ लोग रहते हैं। वहां यातायात का प्रमुख साधन लोक परिवहन ही है। याने मेट्रो व सिटी बस। 543 मेट्रो में रोजाना 32 लाख लोग यात्रा करते हैं। इनमें कुल 4 हजार डिब्बे लगे होते हैं। ये शुक्रवार, शनिवार को 24 घंटे चलती हैं, जबकि अन्य दिनों में सुबह 5 से रात 12 बजे तक। दूसरी तरफ करीब 9 हजार डबल डेकर सिटी बस में 50 लाख लोग सफर करते हैं। यहां की मेट्रो दुनिया की पहली सेवा है, जो 1863 में प्रारंभ हुई थी, जब और कहीं सोचा भी नहीं जा रहा होगा। 272 स्टेशन के साथ 402 किमी लंबे मार्ग पर यह यात्रा होती है। इसे मुंबई के साथ देखें तो यहां आबादी शहर की 2 करोड़ है और उपनगर सहित 2.35 करोड़ है। 2342 लोकल ट्रेन चलती हैं, जिनमें रोजाना 75 लाख लोग यात्रा करते हैं। वहीं 2600 सिटी बसों में 25 लाख लोग सफर करते हैं। ALSO READ: Trip To London : लंदन में न सड़क पर धरने-प्रदर्शन, न चक्का जाम चूंकि इन दिनों इंदौर में मेट्रो का काम चल रहा है और आंशिक रूप से शुरू भी हुई है तो इस पर बात करते हैं। इंदौर की आबादी करीब 35 लाख है। मेट्रो को पूरी तरह से शुरू होने में न्यूनतम 5 वर्ष तो लगेंगे ही। तब तक लोक परिवहन के तौर पर सिटी बस,ऑटो रिक्शा, ई-रिक्शा, नगर सेवा पर निर्भरता है। इंदौर में 35 लाख की आबादी पर 16.33 लाख दो पहिया व 3.38 लाख चार पहिया वाहन पंजीकृत हैं। इनमें कुछ आसपास के इलाकों के भी होंगे। यहां 5.88 लाख आवास हैं। इसका मतलब प्रत्येक दूसरे घर में कार है और प्रत्येक घर में औसत तीन दो पहिया वाहन है। जबकि लंदन की 90 लाख आबादी 37 लाख घरों में रहती है। यहां 80 प्रतिशत लोग मेट्रो व सिटी बस में सफर करते हैं। ALSO READ: Trip To London: पाउंड को रुपए में गिनेंगे तो चाय भी नहीं पी सकेंगे वहां 26.3 लाख कारें व 1.30 लाख दोपहिया वाहन पंजीकृत हैं। वहां अत्यधिक धनी व्यक्ति ही कार में आना-जाना करता है, क्योंकि शहर में पार्किंग बहुत मंहगी है। सेंट्रल लंदन में दिन भर के लिए 15 से 50 पाउंड (एक पाउंड 130 रुपए का है) तक चार्ज हैं, भले ही एक घंटे में वापस चले जाएं। मोहल्लों में भी बाहरी व्यक्ति को सड़क के दोनों ओर कार पार्क करने की अनुमति तो मिलती है, लेकिन उसके भी चार्ज हैं, जो 4.90 से 7.20 पाउंड (529 से 760 रुपए) तक है। रहवासी के लिए मासिक शुल्क है। याने वहां फ्री फोकट में कुछ नहीं है। मेट्रो में एक रूट के 6 पाउंड लगते हैं, लेकिन 16 पाउंड में दिन भर किसी भी रूट पर आ-जा सकते हैं। इंदौर में लोक परिवहन की दयनीय स्थिति किसी से छुपी नहीं है, लेकिन यह भी उतना ही सच है कि हम लोक परिवहन का उपयोग करना भी नहीं चाहते। हमें ठेठ दुकान व घर तक अपने ही वाहन से जाना है। मेट्रो को तो अभी गिनें ही नहीं। तब लोक परिवहन में केवल 350 सिटी बसें हैं। 20 हजार ऑटो रिक्शा व 8 हजार ई-रिक्शा हैं। 20 लाख पंजीकृत कार-दोपहिया में से यदि 5 लाख भी इंदौर की सड़क पर चलते होंगे तो कल्पना कर लीजिए कि शहर में यातायात का किस कदर सत्यानाश होता रहेगा। वैसे, लोक परिवहन का उपयोग एक आदत होती है, जो हमारी अभी तो नहीं है। हम स्वयं के वाहन से ही आना-जाना अपनी शान समझते हैं, जबकि लंदन या यूरोप में प्रधानमंत्री, मंत्री, मेयर, अधिकारी, करोड़पति, सेलिब्रिटी भी मेट्रो में सफर कर लेते हैं। (क्रमश:)। लेखक स्वतंत्र पत्रकार हैं।
बैंकॉक के बार में भीषण आग, 27 लोगों की मौत, 22 की हालत गंभीर
बैंकॉक। थाईलैंड की राजधानी बैंकॉक के मनोरम चतुचक जिले में रविवार देर रात एक बार में भीषण आग लगने से कम से कम 27 लोगों की मौत हो गई, जबकि 22 अन्य गंभीर रूप से झुलस गए। बैंकॉक पोस्ट की रिपोर्ट के अनुसार 63 से अधिक घायलों का विभिन्न अस्पतालों में उपचार चल रहा है। […] The post बैंकॉक के बार में भीषण आग, 27 लोगों की मौत, 22 की हालत गंभीर appeared first on Sabguru News .
यामल बनाम एमबाप्पे, क्या स्पेन रोक पाएगा फ्रांस के विश्वकप फाइनल जाने का सिलसिला?
फीफा विश्वकप में फ्रांस की टीम बेहतरीन दिखाई दी है। अगर सेनेगल का मैच हटा दे तो हर मैच में टीम का दबदबा रहा है। वहीं स्पेन की बात करें तो टीम ने सातवें मुकाबले में अपना पहला गोल खाया था। मतलब मंगलवार को पहले सेमीफाइनल का मुकाबला बेहतरीन आक्रमण पंक्ति और सुदृढ रक्षात्मक पंक्ति के बीच होगा। फ्रांस एमबाप्पे के प्रदर्शन के कारण लगातार तीसरी बार सेमीफाइनल में पहुंचा अगर वह फाइनल जीत जाता है तो लगातार 3 बार फाइनल पहुंचने वाली टीम भी वह बन जाएगा। फ्रांस ने 2022 में अर्जेंटीना से हारने से पहले रूस में खेले गए विश्वकप में क्रोएशिया को मात देकर खिताब पाया था। France's route to the Semi-final #FIFAWorldCup pic.twitter.com/3c7PbsiCjj — FIFA World Cup (@FIFAWorldCup) July 12, 2026 लेकिन इस बार उसके सामने खड़ी है स्पेन जो कई मौकों पर फ्रांस के सामने बड़े मुकाबले में आकर खड़ी हो जाती है। इन दोनों टीमों का मुकाबला अक्सर टूर्नामेंट के ऐसे ही मोड़ पर होता है।फ्रांस जब विश्व कप फुटबॉल टूर्नामेंट के पहले सेमीफाइनल में स्पेन का सामना करेगा तो दिग्गज खिलाड़ी किलियन एमबाप्पे और युवा स्ट्राइकर लामिन यामल के बीच रोचक जंग देखने को मिल सकती है। फ्रांस और स्पेन किसी बड़ी प्रतियोगिता के सेमीफाइनल में फिर से आमने-सामने होंगे। यह दोनों टीम दो साल पहले यूरोपीय चैंपियनशिप में एक दूसरे से भिड़ी थीं।स्पेन ने उस मैच में 2-1 से जीत हासिल की थी। उस मैच में यामल ने गोल किया था जो तब 16 वर्ष के थे। स्पेन ने फाइनल में इंग्लैंड को हराकर यूरो कप का खिताब अपने नाम किया। Spain's route to the Semi-final #FIFAWorldCup pic.twitter.com/os0ksOZMOG — FIFA World Cup (@FIFAWorldCup) July 12, 2026 नाक में चोट लगने के बाद एमबाप्पे उस टूर्नामेंट में खास कमाल नहीं दिखा पाए थे जबकि माइकल ओलिस और डेसिरे डोए जैसे उभरते सितारों को अभी सफलता हासिल करनी बाकी थी।दो साल बाद फ्रांस को मौजूदा विश्व कप की सबसे प्रभावशाली टीम माना जा रहा है जिसकी अग्रिम पंक्ति में कई प्रतिभाशाली खिलाड़ी हैं। सबकी निगाह हालांकि एमबाप्पे पर टिकी रहेगी जिन्होंने अभी तक टूर्नामेंट में संयुक्त रूप से सर्वाधिक गोल किए हैं। स्पेन को टूर्नामेंट में आने से पहले यामल और साथी विंगर निको विलियम्स की चोटों से जूझना पड़ा। स्पेन को पिछले दो दौर में पुर्तगाल और बेल्जियम को हराने के लिए स्थानापन्न खिलाड़ी मिकेल मेरिनो के अंतिम क्षणों में किए गए गोल पर निर्भर रहना पड़ा।विश्व कप या यूरो कप में ये दोनों देश कई बार आमने-सामने आ चुके हैं। यूरो कप 1984 के फाइनल में फ्रांस ने स्पेन को हराया था।

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