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Akshay Tritiya 2026: अक्षय तृतीया के लिए शुभ मुहूर्त और सरल पूजा विधि

इस बार अक्षय तृतीया 2 दिन मनाई जा रही है। 19 अप्रैल और 20 अप्रैल को। दोनों ही दिन शुभ हैं। 20 अप्रैल को उदयातिथि से अक्षय तृतीया रहेगी। इस दिन 'अबूझ मुहूर्त' होता है, लेकिन लक्ष्मी पूजन के लिए विशेष मुहूर्त का पालन करना श्रेष्ठ रहता है। इसी के साथ यह देखना भी जरूरी है कि राहु काल कब है। राहु काल में किसी भी तरह की पूजा और खरीदी नहीं होती है। तृतीया तिथि प्रारम्भ- 19 अप्रैल 2026 को सुबह 10:49 बजे से। तृतीया तिथि समाप्त- 20 अप्रैल 2026 को सुबह 07:27 बजे तक। नोट: मराठी और गुजराती काल निर्णय कैलेंडर में और ऑनलाइन द्रिक पंचांग एवं एस्ट्रोसेज पंचांग के अनुसार19 अप्रैल को अक्षय तृतीया रहेगी जबकि लाला रामस्वरूप और लाला रामनारायण पंचांग में उदयातिथि के अनुसार 20 अप्रैल को अक्षय तृतीया रहेगी। ALSO READ: Akshaya Tritiya गोल्ड रेट अलर्ट: सोने की कीमतों में रिकॉर्ड उछाल, क्या इस अक्षय तृतीया गोल्ड खरीदना है फायदे का सौदा? 1. अक्षय तृतीया 2026: शुभ मुहूर्त: 19 अप्रैल पूजा और खरीददी का शुभ मुहूर्त: शुभ मुहूर्त: सुबह 10:49 से दोपहर 12:20 तक। अभिजीत मुहूर्त: दिन में 11:54 से दोपहर 12:46 तक। त्रिपुष्कर योग: सुबह 07:10 से 10:49 तक रहेगा। राहुकाल: शाम 05:12 से शाम 06:49 के बीच रहेगा। इस बीच सभी कार्य वर्जित रहेंगे। 20 अप्रैल पूजा और खारीदी का शुभ मुहूर्त: शुभ मुहूर्त: सुबह 09:06 से 10:43 तक। अभिजीत मुहूर्त: दिन में 11:54 से दोपहर 12:46 तक। सर्वार्थ सिद्धि योग: पूरे दिन राहुकाल: सुबह 07:28 से 09:05 के बीच। इस बीच सभी कार्य वर्जित रहेंगे। ALSO READ: Akshaya Tritiya Mantra: मां लक्ष्मी की असीम कृपा पाने का दिन अक्षय तृतीया, पढ़ें धन वर्षा के 5 चमत्कारी मंत्र 2. अक्षय तृतीया पूजन विधि अक्षय तृतीया पर भगवान विष्णु और माता लक्ष्मी की संयुक्त पूजा का विधान है: संकल्प: सुबह जल्दी स्नान करके पीले वस्त्र धारण करें और व्रत या दान का संकल्प लें। स्थापना: एक चौकी पर गंगाजल छिड़क कर भगवान विष्णु और माता लक्ष्मी की मूर्ति या चित्र स्थापित करें। अभिषेक: यदि संभव हो, तो दक्षिणावर्ती शंख से भगवान का अभिषेक करें। उन्हें पीले फूल, तुलसी दल (केवल विष्णु जी को) और अक्षत अर्पित करें। विशेष भोग: इस दिन भगवान को सत्तू, ककड़ी, भीगी हुई चने की दाल और मिश्री का भोग लगाना बहुत शुभ माना जाता है क्योंकि यह ग्रीष्म ऋतु के आगमन का प्रतीक है। आरती: अंत में ॐ जय जगदीश हरे या लक्ष्मी जी की आरती करें। ALSO READ: अक्षय तृतीया 2026: बस ये 15 दान बदल देंगे आपकी किस्मत, बरकत के लिए घर लाएं ये 12 चीजें 3. इस दिन क्या करना सबसे 'शुभ' है? चूंकि अक्षय का अर्थ है जिसका कभी क्षय (नाश) न हो, इसलिए आज के दिन ये 3 काम जरूर करने चाहिए: कलश दान: पानी से भरा मिट्टी का घड़ा (कलश) किसी ब्राह्मण या जरूरतमंद को दान करना इस दिन का सबसे बड़ा पुण्य माना गया है। सोना या चांदी: धातु खरीदना समृद्धि का प्रतीक है। यदि बजट कम है, तो आप चांदी का एक छोटा सिक्का या केवल जौ (Barley) भी खरीद सकते हैं। जौ को 'कनक' (सोने) के समान माना गया है। परशुराम जयंती पूजन: चूंकि आज ही परशुराम जी का जन्म हुआ था, इसलिए शस्त्रों या औजारों की सफाई और पूजा करना भी फलदायी होता है। 4. अक्षय तृतीया पर विशेष मंत्र पूजा के समय इस मंत्र का जाप करने से घर में बरकत बनी रहती है: ॐ ह्रीं श्रीं लक्ष्मीवासुदेवाय नमः ALSO READ: Akshaya Tritiya 2026: अक्षय तृतीया पर सोना खरीदने का समय क्या रहेगा?

वेब दुनिया 18 Apr 2026 9:03 am

क्या कागजों तक सीमित है 'पॉश' कानून? टीसीएस नासिक मामले और बढ़ती शिकायतों ने खोली कंपनियों की पोल

भारत में पॉश कानून के तहत हर कंपनी में यौन उत्पीड़न की शिकायतों के लिए एक समिति बनाना जरुरी है। इसका काम निष्पक्ष और समय रहते जांच करना है। नासिक में टीसीएस के ऑफिस में यौन उत्पीड़न के मामले सामने आए हैं। आरोप है कि टीसीएस ने पॉश (प्रिवेंशन ऑफ ...

वेब दुनिया 18 Apr 2026 8:32 am

Aaj Ka Rashifal: आज का दैनिक राशिफल: मेष से मीन तक 12 राशियों का राशिफल (18 अप्रैल, 2026)

1. मेष (Aries) Today Horoscope Rashifal 18 April 2026: करियर: कारोबार में नई परियोजना शुरू करने के लिए दिन अच्छा है। लव: प्रेमी साथी के साथ तालमेल बढ़ेगा। धन: लेन-देन संबंधी कागजात ध्यान से पढ़ें। स्वास्थ्य: व्यायाम पर ध्यान दें। उपाय: हनुमान जी को सिंदूर अर्पित करें। ALSO READ: महाविनाश का संकेत! भविष्य मालिका और कालज्ञानम की समान 6 भविष्यवाणियां, जो अब हो रही हैं सच 2. वृषभ (Taurus) करियर: ऑफिस में वरिष्ठों से बहस करने से बचें। लव: पार्टनर संग रिश्तों में भरोसा बढ़ेगा। धन: अचानक खर्च बढ़ सकते हैं। स्वास्थ्य: शारीरिक ऊर्जा से भरपूर रहेंगे। उपाय: आज सफ़ेद वस्त्र पहनें। 3. मिथुन (Gemini) करियर: व्यापार में नई साझेदारी लाभप्रद रहेगी। लव: प्रेमीसंग पुरानी बातों को लेकर अनबन हो सकती है। धन: शेयर बाजार से लाभ संभव है। स्वास्थ्य: मानसिक शांति के लिए योग का सहारा लें। उपाय: गणेश जी को दूर्वा चढ़ाएं। 4. कर्क (Cancer) करियर: शिक्षा जे जुड़ें छात्रों को मेहनत का फल मिलेगा। लव: प्रेम संबंधों में गहराई आएगी। धन: आज उधार देने से बचें, पैसा फंस सकता है। स्वास्थ्य: मौसमी बीमारियों से सावधान रहें। उपाय: शिवलिंग पर जल का अभिषेक करें। 5. सिंह (Leo) करियर: कार्यक्षेत्र में आपकी कार्यशैली से लोग प्रभावित होंगे। लव: जीवनसाथी के साथ रोमांस बना रहेगा। धन: पैतृक संपत्ति से लाभ होने की संभावना है। स्वास्थ्य: आज पेट खराब हो सकता है। उपाय: सूर्य को जल अर्पित करें। 6. कन्या (Virgo) करियर: नई नौकरी के अधूरे काम पूरे होंगे। लव: पार्टनर की भावनाओं का सम्मान करें। धन: कर्ज से मुक्ति मिलने के योग हैं। स्वास्थ्य: आंखों में थकान महसूस हो सकती है। उपाय: गाय को हरा चारा खिलाएं। ALSO READ: जैन धर्म में अक्षय तृतीया मनाने के 10 कारण जानें 7. तुला (Libra) करियर: नौकरी में टीम वर्क पर ध्यान दें। लव: लव लाइफ में बोलचाल संभव है। धन: आज कारोबारियों की आर्थिक स्थिति मजबूत रहेगी। स्वास्थ्य: जोड़ों के दर्द से परेशानी हो सकती है। उपाय: जरूरतमंदों को चावल का दान करें। 8. वृश्चिक (Scorpio) करियर: कलीग्स के साथ मिलकर काम पर फोकस करें। लव: प्रेमी पर विश्वास ही रिश्ते की नींव है। धन: धन निवेश करने से पहले किसी से सलाह लें। स्वास्थ्य: वाहन चलाते समय सावधानी बरतें। उपाय: प्रतिदिन 'ॐ सूर्याय नमः' का जाप करें। 9. धनु (Sagittarius) करियर: करियर तथा व्यापार से खुशखबरी मिल सकती है। लव: घर में मांगलिक कार्य की योजना बनेगी। धन: संपत्ति में निवेश कर सकते हैं। स्वास्थ्य: सीने में दर्द की शिकायत हो सकती है। उपाय: मंदिर में चने की दाल का दान करें। 10. मकर (Capricorn) करियर: विदेश में व्यापार या नौकरी की इच्छा रखने वाले आलस्य का त्याग करें। लव: पार्टनर के साथ आउटिंग पर जा सकते हैं। धन: घर-बाहर के फालतू खर्चों पर लगाम लगाएं। स्वास्थ्य: पुराने रोगों से राहत मिलेगी। उपाय: पीपल के वृक्ष के पास दीपक जलाएं। 11. कुंभ (Aquarius) करियर: कार्यक्षेत्र में बाहरी क्षेत्र में नए संपर्क बनेंगे। लव: अविवाहितों के लिए शादी की बात चल सकती है। धन: भविष्य के लिए धन संचय होगा। स्वास्थ्य: आज तनाव से बचें, संगीत सुनें। उपाय: शनि चालीसा का पाठ करें। 12. मीन (Pisces) करियर: ऑफिस के काम के सिलसिले में यात्रा हो सकती है। लव: लव पार्टनर के साथ बातचीत में शांति से काम लें। धन: किसी को दिया हुआ ऋण वापस मिल सकता है। स्वास्थ्य: संभलकर चलें, चोट लगने की संभावना है। उपाय: माथे पर हल्दी का तिलक लगाएं। ALSO READ: कल्कि अवतार और तीसरा विश्व युद्ध: क्या दोनों का है कनेक्शन? कब और कैसे होंगे ये बड़े घटनाक्रम

वेब दुनिया 18 Apr 2026 7:02 am

जीतने पर हर दुल्हन को 8 ग्राम सोना देंगे विजय:तमिलनाडु के घरों में अमेरिकी खजाने जितना सोना, आखिर इस दीवानगी की वजह क्या है

चेन्नई की मिंट रोड पर छोटा-सा बिजनेस करने वाली सेल्वी की बेटी की शादी तय हुई, तो घर में एक अजीब किस्म की उठापटक शुरू हो गई। पैसे कम थे, लेकिन गोल्ड ज्वेलरी खरीदनी जरूरी थी। आखिर सेल्वी ने रास्ता निकाला। घर में रखी पुरानी ज्वेलरी में थोड़ा नया सोना मिलाया और बेटी के लिए नए गहने तैयार कराए। सेल्वी कहती हैं, ‘अगर हम ऐसा नहीं करते तो सामाजिक प्रतिष्ठा खराब होती है। कोई लोअर मिडिल क्लास या गरीब भी हो तो कम से कम 10-20 तोला सोना शादी में चढ़ाना ही होता है।’ सेल्वी की कहानी कोई अपवाद नहीं, यह तामिलनाडु का स्वभाव है। भारत का सबसे ज्यादा करीब 28% घरेलू सोना अकेले तमिलनाडु के लोगों की तिजोरियों और अलमारियों में रखा है। वजन में करीब 6,720 टन। ये अमेरिका के कुल सरकारी गोल्ड भंडार (8000 टन) के आस-पास है। जर्मनी, इटली और रूस जैसे देशों में राष्ट्रीय भंडार से कहीं ज्यादा। 23 अप्रैल को तमिलनाडु में विधानसभा चुनाव की वोटिंग है। जहां अन्य राज्यों के चुनाव में कैश और शराब की छापेमारी का चलन है, तामिलनाडु में सोने की छापेमारी की जाती है। थलापति विजय जैसे नेता जीतने पर दुल्हनों को 8 ग्राम सोना और नवजात बच्चों को सोने की अंगूठी देने का वादा कर रहे हैं। AIADMK भी थलिक्कू थनगम यानी शादी के लिए सोना जैसी स्कीम ला चुकी है। इस स्टोरी में जानेंगे तमिलनाडु के लोगों में सोने की दीवानगी के पीछे की पूरी कहानी… प्राचीन तमिल साहित्य में संपन्नता पर असाधारण जोर मिलता है। तमिल ग्रंथ तिरुक्कुरल की एक पंक्ति कहती है- गरीबी पर पूरी दुनिया मजाक उड़ाती है। इस समाज में संपन्नता का पैमाना था- सोना। यहां की एक प्रसिद्ध कहानी का नाम ही शीलप्पद्दीगारम यानी ‘सोने की पायल’ है। यह कहानी कन्नगी नाम की स्त्री के सोने की पायल पर आधारित है। बुरे वक्त में पति की मदद के लिए वह अपना सोना आगे कर देती है। कहानी का सार एक पंक्ति में था- बुरे समय में सोना ही काम आता है। इसी से निकली स्त्री-धन की परंपरा। वह सोना जो विवाह के समय स्त्री को मिलता था और जो सिर्फ उसका था। कोई बैंक उसे नहीं छीन सकता था, कोई कानून उस पर दावा नहीं कर सकता था। मुसीबत में यही सोना परिवार की ढाल बनता था। जब तमिलनाडु में जमा होने लगा पूरी दुनिया का सोना करीब 2,000 साल पहले। रोमन साम्राज्य के सम्राट कैलिगुला अपनी तीसरी शादी की पार्टी दे रहे थे। शाम ढल चुकी थी और महल मशालों की रोशनी में आलोकित था। तभी सभी मेहमानों की नजरें एक गलियारे की तरफ मुड़ गईं, जहां से नई रानी लोलिया पॉलिना आ रही थीं। उनके कान, नाक, गले, उंगलियों, जूतों के साथ-साथ बालों में भी सैकड़ों पन्ने और मोती जड़े हुए थे। उस पार्टी में ‘प्लिनी द एल्डर’ नाम के एक इतिहासकार मौजूद थे। वो अपनी किताब नेचुरालिस हिस्टोरिया में लिखते हैं कि रोम हर साल भारत से आने वाले मोतियों, मसालों और कपड़ों के बदले भारी मात्रा में सोना लुटा रहा था। उनकी शिकायत थी- ‘हम भारत के मोतियों के बदले हर साल 5.5 करोड़ सेस्टर्टियस गंवा रहे हैं।’ यह सोना आता था तीन बंदरगाहों पर- चोल साम्राज्य का मायलापुर (जहां से कपड़े जाते थे), पांड्य वंश का अरिकामेडू (मोतियों का केंद्र) और चेर वंश का मुजिरिस (काली मिर्च का बड़ा बाजार)। इन तीनों बंदरगाहों पर हर साल 120 जहाज सोना लेकर आते थे। विलियम डार्लिंपल अपनी किताब द गोल्डन रोड में लिखते हैं कि चेर और पांड्य वंश ने रोम में अपने राजदूत तक तैनात कर दिए थे, ताकि रोम के व्यापार-घाटे की समस्या सुलझाई जा सके। हालत यह हो गई कि 70 ईस्वी में रोमन सम्राट वेस्पासियन को तमिल आयात के बदले सोना देने पर रोक लगानी पड़ी। तामिलनाडु के व्यापारियों ने दुनिया के सबसे बड़े साम्राज्य को आर्थिक रूप से झुकने पर मजबूर किया था। जब पश्चिमी रोमन साम्राज्य टूट गया और 640 ईस्वी में अरबों ने मिस्र पर कब्जा कर रोम की ओर जाने वाले रास्ते बंद कर दिए, तो तमिल व्यापारियों ने अपना रुख पूरब की ओर मोड़ लिया। पल्लव राजा नरसिंहवर्मन प्रथम के शासनकाल में मामल्लापुरम बंदरगाह सुवर्णभूमि, यानी आज के म्यांमार, सुमात्रा, इंडोनेशिया और मलेशिया की ओर जाने वाले जहाजों का सबसे बड़ा अड्डा बन गया। 11वीं सदी में चोल वंश के राजा राजेंद्र चोल प्रथम ने 1025 AD में श्रीविजय साम्राज्य पर विशाल नौसैनिक हमला किया। सिर्फ युद्ध के लिए नहीं, बल्कि चीन तक जाने वाले व्यापारिक मार्गों पर एकाधिकार के लिए। सुमात्रा और मलेशिया के शासकों को हराकर वहां का खजाना तामिलनाडु के मंदिरों में भर दिया गया। यहीं से शुरू हुई एक ऐसी व्यवस्था, जो आधुनिक बैंकिंग की पूर्वज थी। गोल्ड बैंक की तरह काम करते थे तमिलनाडु के मंदिर पल्लव और चोल राजाओं ने समझ लिया था कि सोने को सबसे सुरक्षित रखना है तो मंदिर से बेहतर कोई जगह नहीं। मंदिर इतनी पवित्र संस्था था कि वहां से सोना चुराने की हिम्मत कोई नहीं जुटा सकता था। पांड्य राजाओं ने कोरकई जैसे बंदरगाहों से मिलने वाले रोमन सोने को मदुरई के मंदिरों में जमा किया। राजराजा चोल प्रथम ने तंजावुर के बृहदेश्वर मंदिर को सिर्फ धार्मिक स्थल नहीं, बल्कि पूरे राज्य की आर्थिक गतिविधियों का केंद्र बनाया। मंदिर की दीवारों पर दर्ज है कि राजा ने युद्ध में लूटा हुआ लगभग 230 किलो सोना और 125 किलो कीमती रत्न मंदिर के खजाने में जमा किए थे। यह सोना वहां बस पड़ा नहीं रहता था। मंदिर एक बैंक की तरह काम करते थे। जहां सोना जमा भी होता था और लोगों को व्यापार के लिए ब्याज पर कर्ज भी दिया जाता था। 19वीं और 20वीं सदी में इस मंदिर-बैंकिंग की विरासत को एक नया रूप दिया चेट्टिनाड के नट्टुकोट्टई चेट्टियार समुदाय ने। ये लोग म्यांमार, सिंगापुर और मलेशिया में जब व्यापार फैलाने लगे, तो उन्होंने एक क्रांतिकारी मॉडल विकसित किया। सोने के गहनों को गिरवी रखकर कर्ज देना। सोने की शुद्धता परखना और उसके आधार पर फैसले करना। मंदिरों को ही वह जगह बनाना जहां ब्याज दरें तय होती थीं और व्यापारिक झगड़े सुलझाए जाते थे। लोग इन चेट्टियारों पर सरकारी बैंकों से ज्यादा भरोसा करते थे। इसीलिए जब आजादी के बाद भारत की अर्थव्यवस्था का ढांचा बदला, तो इसी परंपरा पर मुथूट और मणप्पुरम जैसी गोल्ड लोन कंपनियां खड़ी हुईं। गरीब परिवार भी शादियों में 20-25 लाख का सोना खरीदते हैं चेन्नई में तीन पीढ़ियों से ज्वेलरी का बिजनेस करने वाले विकास मेहता कहते हैं कि तामिलनाडु में गोल्ड की डिमांड पूरे साल रहती है। साउथ इंडिया की किसी भी शादी में लोग कम से कम 3-4 हेवी गोल्ड ज्वेलरी पहनते ही हैं। अपर मिडिल क्लास एक शादी के लिए कम से कम 1 करोड़ तक का गोल्ड खरीदते हैं। लोअर मिडिल क्लास भी 20-25 लाख का गोल्ड तो खरीदते ही हैं। यहां शादी में दहेज का सोना सिर्फ दिया नहीं जाता। वह खुले तौर पर सबके सामने रखा जाता है। जो मेहमान आते हैं, वे सोना देखकर ही परिवार की हैसियत और समाज में रुतबा तय करते हैं। सोने की खरीदारी सिर्फ शादी तक सीमित नहीं है। विकास मेहता बताते हैं कि जन्म, एंगेजमेंट, गोदभराई, पोंगल, अक्षय तृतीया, नवरात्र, दिवाली- हर मौके पर सोना खरीदने का चलन है। यहां तक कि लड़की के जब पहली बार पीरियड्स शुरू होते हैं, उस मौके पर भी एक बड़ा आयोजन होता है और उसमें भी सोना चढ़ाने का रिवाज है। तमिल परिवारों में गोल्ड खरीदना एक निवेश जैसा है 20 साल से चेन्नई में ज्वेलरी का बिजनेस करने वाले रोशन कहते हैं कि तमिल परिवारों में बचपन से ही गोल्ड खरीदने को एक शौक के तौर पर नहीं, बल्कि एक जरूरत के तौर पर देखा जाता है। ‘लोग गोल्ड को अपने इन्वेस्टमेंट और सेविंग के नजरिए से देखते हैं, ताकि क्राइसिस में उसे बेचकर कैश ले सकें।’ यह बात आंकड़ों में भी दिखती है। तामिलनाडु के परिवारों के कुल कर्ज का लगभग 40% हिस्सा सिर्फ गोल्ड लोन का होता है। जहां सरकारी बैंक तमाम तरह के डॉक्यूमेंट्स मांगते हैं, वहीं मुथूट और मणप्पुरम जैसी कंपनियां 10-15 मिनट में सोने के बदले नकद दे देती हैं। दिसंबर 2024 तक, बैंकों और गैर-बैंकिंग वित्तीय कंपनियों के पास गोल्ड लोन का कुल बकाया 1,72,000 करोड़ रुपये को पार कर चुका था। पिछले साल की तुलना में 71% की वृद्धि। 2020 में जब महामारी ने अर्थव्यवस्था को रोक दिया, तब भी यही सोना मध्यम वर्ग की ढाल बना। RBI ने गोल्ड लोन का LTV (लोन टू वैल्यू) रेश्यो 75 से बढ़ाकर 90 प्रतिशत कर दिया। लाखों परिवारों ने अपना सोना गिरवी रखकर उस मुश्किल दौर को पार किया। सोने की इसी दीवानगी को भुनाना चाहते हैं नेता तमिलनाडु विधानसभा चुनाव में सोने से जुड़ा सबसे प्रमुख वादा TVK के प्रमुख अभिनेता-राजनेता विजय ने किया है। उन्होंने सोने से जुड़े 2 प्रमुख वादे किए- अन्नन सीर थिट्टम: शादी करने वाली युवतियों खासकर गरीब परिवारों की दुल्हनों को 8 ग्राम सोना और सिल्क साड़ी देने का वादा। इसे ‘भाई का उपहार’ के रूप में पेश किया गया है। थाई मामन थंगा मोथिरम थिट्टम: तमिलनाडु में जन्म लेने वाले हर नवजात बच्चे को सरकारी आशीर्वाद के रूप में एक सोने की अंगूठी और बेबी वेलकम किट देने का वादा। ये वादे TVK के चुनावी घोषणा-पत्र में भी शामिल हैं। AIADMK ने भी पहले की ‘तालीक्कु थंगम’ योजना को जारी रखने और शादी में सोना देने का जिक्र किया है। चेन्नई की सेल्वी एक लाइन में बताती हैं- ‘मुसीबत में सोना बेचकर पैसा मिल जाता है।’ यही वह विश्वास है जो दो हजार साल से इस मिट्टी में गहरा धंसा है और चुनावी वादों में भी जाहिर हो रहा है। ------------- तमिलनाडु चुनाव से जुड़ी खबर भी पढ़िए… ‘हिंदी हम पर बोझ, तमिल हमारी मां’: स्टेशन के नाम पर काली स्याही, तमिल बोले- जो हिंदी थोपेगा, तमिलनाडु उसे रिजेक्ट करेगा 23 अप्रैल को तमिलनाडु में विधानसभा चुनाव के लिए वोटिंग है। प्रचार के बीच एक रिपोर्टर ने CM स्टालिन से पूछा- केंद्र सरकार CBSE स्कूलों में 3 लैंग्वेज पॉलिसी लागू करेगी, हिंदी भाषा पढ़ना भी अनिवार्य होगा… स्टालिन ने फौरन जवाब दिया- ‘जब तक DMK है, तमिलनाडु में ऐसा नहीं होने देंगे।’ पूरी खबर पढ़िए…

दैनिक भास्कर 18 Apr 2026 5:07 am

₹1500 बांट रहीं ममता, 3.15 करोड़ आधी आबादी टारगेट:लड़कियों को पैसे नहीं, नौकरी चाहिए, महिलाएं बोलीं- नमक का फर्ज अदा करेंगे

पश्चिम बंगाल में ममता सरकार ने 7 मार्च से 'बांग्लार युवा साथी योजना' लागू की। 1500 रुपए की पहली किस्त भी जारी कर दी। दुर्गापुर की रहने वाली मोमिता ने फॉर्म भरा था, लेकिन खाते में पैसे नहीं आए। गुस्से से भरी मोमिता कहती हैं, ‘पैसों से ज्यादा हमें नौकरी की जरूरत है।‘ 21 साल की मोमिता के परिवार की माली हालत ठीक नहीं है, इसीलिए ग्रेजुएशन पूरा किए बिना पढ़ाई छोड़ दी और छोटा-मोटा काम करने लगीं। वे बहन के साथ काम से लौट रही थीं, तभी मुलाकात हुई। पढ़ाई दोबारा शुरू करने सवाल पर कहती हैं- ‘इतने कम पैसों में पढ़ाई कैसे कर पाएंगे।’ युवा साथी योजना चुनाव से ठीक पहले शुरू हुई है। चुनावी साल में ममता सरकार ने पंडितों और मौलवियों के भत्ते भी बढ़ाए हैं। लक्ष्मी भंडार के तहत महिलाओं को मिलने वाली रकम 500 रुपए बढ़ाई गई है। BJP ने भी कई वादे किए हैं। इन घोषणाओं का जमीन पर कितना असर है, इस रिपोर्ट में पढ़िए… योजनाओं से दिक्कत नहीं, नौकरियां भी होंममता बनर्जी ने इस साल बजट में ‘युवा साथी योजना’ का ऐलान किया था। पहली किस्त चुनाव से ठीक पहले आई। इसे लेकर दुर्गापुर की 20 साल की मोह कहती हैं, ‘सरकारी योजनाएं हमारी सुविधा के लिए हैं, फिर फायदा लेने में क्या हर्ज। सरकार कुछ भी अपने घर से नहीं देती है। ये जरूरतमंदों के लिए जनता का ही पैसा है।‘ ‘हमें ऐसी योजनाओं से दिक्कत नहीं, लेकिन नौकरियां भी हों।‘ वहीं, BJP के तीन हजार रुपए देने वादे पर उनकी बहन मोमिता कहती हैं, ‘अगर इसका फायदा मिला, तो हम बहनों की पढ़ाई फिर शुरू हो सकती है।‘ पैसे सिर्फ 5 साल मिलेंगे, नौकरी हमेशा रहेगीआसनसोल की रहने वाली संध्या की राय इससे अलग है। 12वीं पास करने के बाद ही संध्या की शादी कर दी गई इसलिए पढ़ नहीं पाईं। कंप्यूटर का बेसिक कोर्स करने के बाद बेकिंग का काम सीखा है। लक्ष्मी भंडार का फायदा लेने के लिए उनकी उम्र नहीं, इसलिए युवा साथी का फॉर्म भरा। खाते में पहली किस्त के 1500 रुपए भी आ गए हैं। संध्या कहती हैं, रोजगार की जरूरत ज्यादा है। ये पैसे सिर्फ पांच साल ही मिलेंगे, नौकरी हमेशा रहेगी। हमने पूछा इससे केक बेकिंग का काम भी तो शुरू कर सकती हैं? जवाब मिला, ‘इतने कम पैसों में कैसे होगा। साल भर पैसे जमा करने पड़ेंगे, तभी इस लायक पूंजी होगी।’ ट्यूशन फीस और कॉलेज आने-जाने का खर्च निकलेगा योजनाओं को लेकर पेरेंट्स की राय अलग है। आसनसोल के रहने वाले गौतम बाध्यकर का कहना है कि ऐसी स्कीम्स ने कई पेरेंट्स की परेशानियां कम कर दी हैं। ये बच्चों की पढ़ाई के काम आएंगी। वे कहते हैं, ‘बच्चे इससे कॉम्पिटीशन के फॉर्म भर सकेंगे। नौकरी का इंटरव्यू देने जाने के लिए घरवालों पर निर्भर नहीं रहना पड़ेगा। माता-पिता का बोझ कम होगा।‘ आसनसोल में राशन दुकान चलाने वाले रवींद्र प्रसाद का भी यही मानना है। वे कहते हैं, ‘महंगाई में पेरेंट्स को थोड़ी राहत मिली है। बच्चों की ट्यूशन फीस आराम से निकल रही है। उनके मोबाइल रिचार्ज जैसे छोटे-मोटे काम हो जा रहे हैं।‘ विधवा पेंशन से घर चल रहा, नमक का फर्ज अदा करेंगेआसनसोल में हम 65 साल की कल्याणी देवी सिंह से मिले। योजनाओं का पूछते ही वे कहती हैं, ‘सिर्फ विधवा पेंशन मिलती है, बाकी का पता नहीं।‘ स्वास्थ्य साथी कार्ड के बारे में वे नहीं जानतीं। हां, राशन कार्ड के लिए फॉर्म भरा है, लेकिन नहीं बना।‘ वोट किसे देंगी, पूछने पर कल्याणी कहती हैं, ‘हमारी एक ही पसंद है, जिसका नमक खाया है। उसे अदा करना है।‘ इसके बाद हम कुल्टी विधानसभा में प्रतिमा केवड़ा से मिले। पति गुजर गए इसलिए घरों में काम करके परिवार चला रही हैं। सरकारी योजनाओं का नाम पर सिर्फ लक्ष्मी भंडार का फायदा मिलता है। जॉब कार्ड है, लेकिन कभी उस पर काम नहीं मिला। स्वास्थ्य साथी कार्ड की कभी जरूरत नहीं पड़ी। प्रतिमा को सबसे ज्यादा जरूरत राशन की है। राशन कार्ड है, लेकिन राशन नहीं मिल रहा। सब दीदी ने दिया, जो हमारे साथ-हम उसके साथइसके बाद हम मुर्शिदाबाद पहुंचे। यहां हमें ईरानी मूल की भारतीय रुखसार खातून से मिलीं। उनके परिवार के कई लोगों के नाम SIR में कट गए, इसलिए गुस्से में हैं। सरकारी योजनाओं के बारे में पूछने पर कहती हैं, ‘मुझे और बेटी को लक्ष्मी भंडार का पैसा मिलता है। छोटी बेटी को स्कूल से कन्या श्री की राशि मिली है। सरकारी घर भी है।‘ BJP के 3 हजार और कांग्रेस के 2 हजार देने के वादे पर कहती हैं, ‘ये सब राजनीति है। इन पर भरोसा नहीं है, जिन्होंने हमारा साथ दिया, हम उनके साथ हैं।‘ क्या सरकारी मकान पीएम आवास योजना के तहत मिला? इस पर कहती हैं, ‘BJP, बिहार वालों को दे रही है, यहां तो सब दीदी ने दिया है।‘ 1500 या 3 हजार में क्या होगा, काम करके ही घर चलेगा इसके बाद हम शमशेरगंज विधानसभा गए। यहां तकरीबन हर घर में बीड़ी बनाने का काम होता है। यहां मिलीं सुमित्रा दास भी बीड़ी बांधती हैं। 100 बीड़ी बंधाने पर 100 रुपए मिलते हैं। उन्हें लक्ष्मी भंडार योजना का फायदा मिल रहा है, लेकिन वे इससे खुश नहीं हैं। BJP के 3 हजार देने के वादे पर कहती हैं, ‘इतने पैसों से कुछ नहीं होता। पांच साल से लक्ष्मी भंडार के पैसे मिल रहे हैं, लेकिन पहले भी काम करके घर चल रहा था और अब भी। कोई 1500 दे या 3 हजार इससे फर्क नहीं पड़ने वाला है।‘ पुरुलिया जिले की रघुनाथपुर विधानसभा क्षेत्र के दलित गांव में रहने वाली झरना बाउरी का घर विधवा पेंशन और लक्ष्मी भंडार से चल रहा है। हालांकि वे भी सरकार से खफा हैं क्योंकि स्वास्थ्य साथी कार्ड का फायदा नहीं मिल सका। एक्सपर्ट: महिला-युवा वोटर साध ममता एंटी इनकम्बेंसी मैनेज कर रहीं ममता की योजनाओं का असर समझने के लिए हमने पॉलिटिकल एक्सपर्ट प्रोफेसर मैदुल इस्लाम से बात की। उनका कहना है, ‘ममता बनर्जी ने पिछले 15 साल में इंसान के पैदा होने से लेकर मरने तक कई स्कीमें शुरू कीं, जिनका उन्हेंं फायदा भी मिला। 2021 में लक्ष्मी भंडार योजना की घोषणा हुई। तब महिला वोटर्स TMC के साथ गईं और सीटें भी बढ़ीं।‘ ‘यही 2024 के लोकसभा चुनाव में हुआ। ममता सरकार ने लक्ष्मी भंडार की रकम बढ़ाई और TMC की सीट 22 से बढ़कर 29 हो गई। जबकि BJP की 18 से घटकर 12 हो गईं। अब BJP राज्य में सरकार बनने पर TMC से ज्यादा भत्ता देने की बात कर रही है, लेकिन लोगों तक अपनी बात नहीं पहुंचा पा रही है। वहीं लोगों को ये लगता है कि अगर BJP सत्ता में आई, तो सारी स्कीमें बंद हो जाएगी।‘ ‘साफ है कि इसे वोट के लिए शुरू किया गया है। लेफ्ट की सरकार में बेरोजगारी भत्ता के नाम से ऐसी योजना थी। उसमें युवाओं को हर महीने कुछ राशि मिलती थी, शर्त इतनी थी कि एक्सचेंज ऑफिस जाकर रजिस्ट्रेशन कराना पड़ता था।‘ एंटी इनकम्बेंसी को इसकी वजह बताते हुए वे आगे कहते हैं, ‘इसे मैनेज करने के लिए ममता, महिला और युवा वोटरों को स्कीम के जरिए टारगेट कर रही हैं। जहां तक युवाओं को काम और भत्ते देने की बात है, ये दोनों जरूरी हैं। क्योंकि केंद्र और राज्य दोनों सरकारें उतनी नौकरियां नहीं दे पा रहीं, जितनी होनी चाहिए। लिहाजा, सरकार को भत्ता देना पड़ रहा है। ये लगभग हर राज्य में हो रहा है।‘ वहीं, पॉलिटिकल एक्सपर्ट उन्नयन बंदोपाध्याय कहते हैं, ‘चुनाव से पहले सभी पार्टियां आजकल ऐसे लोकलुभावन वादे करती हैं। ममता ने भी युवाओं को टारगेट कर अबकी युवा साथी योजना का ऐलान किया है। इसका मकसद 21 से 40 साल तक के वोटर्स को अपनी ओर खींचना है। राज्य में इस वर्ग के युवा वोटर्स लगभग 40-50% हैं।’ ’ममता ने पिछले कार्यकाल में भी कई ऐसी योजनाएं शुरू कीं, लेकिन लोगों की पहली पसंद रोजगार होगा क्योंकि उसमें ज्यादा सिक्योरिटी है।’ …………………..पश्चिम बंगाल चुनाव पर ये ग्राउंड रिपोर्ट भी पढ़ें… हिंदू बाप-बेटे को काट डाला, बंगाल में चुनावी मुद्दा नहीं 11 अप्रैल 2025 को वक्फ संशोधन कानून के विरोध में मुर्शिदाबाद के जाफराबाद में रैली निकाली गई। बेकाबू भीड़ ने पारुल के पति हरगोविंद दास और बेटे चंदन को घर के सामने ही काट डाला। जाफराबाद में लोग इसे बड़ा चुनावी मुद्दा बता रहे हैं और TMC को हटाने की बात कर रहे हैं, जबकि यहां से 142 किमी दूर मालदा में इसकी चर्चा भी नहीं है। पढ़ें पूरी खबर...

दैनिक भास्कर 18 Apr 2026 5:02 am

ईरान की इस्लामी क्रांति: एक धर्मनिरपेक्ष कार्यकर्ता की आंखों से पूर्वाग्रह से यथार्थ तक की यात्रा

ईरान की 1979 की इस्लामी क्रांति पर एक धर्मनिरपेक्ष कार्यकर्ता का विश्लेषण—अमेरिकी दुष्प्रचार, ऐतिहासिक संदर्भ और जमीनी अनुभवों के आधार पर ईरान की वास्तविक तस्वीर।

हस्तक्षेप 17 Apr 2026 11:55 pm

हनुमानगढ़ के भादरा में फर्जी बायोमेट्रिक्स से आधार कार्ड बनाने वाले गिरोह का पर्दाफाश

हनुमानगढ़। राजस्थान में हनुमानगढ़ जिले के भादरा थाना क्षेत्र में पुलिस ने फर्जी बायोमेट्रिक से आधार कार्ड बनाने वाले एक गिरोह का खुलासा करके सैकड़ों एनरोलमेंट रसीदें और हाईटेक उपकरण बरामद किए हैं। इस संबंध में कुलदीप शर्मा, जसवंत और आमिर के खिलाफ फर्जी कागजात के आधार पर आधार सेंटर चलाने के आरोप में मामला […] The post हनुमानगढ़ के भादरा में फर्जी बायोमेट्रिक्स से आधार कार्ड बनाने वाले गिरोह का पर्दाफाश appeared first on Sabguru News .

सबगुरु 17 Apr 2026 9:52 pm

गौतम अडानी बने एशिया के सबसे अमीर इंसान

नई दिल्ली। अडानी समूह के चेयरमैन गौतम अडानी एशिया के सबसे अमीर इंसान बन गए हैं। ब्लूमबर्ग के दुनिया के 500 सबसे अमीर अरबपतियों के दैनिक सूचकांक में अडानी की संपत्ति का शुद्ध मूल्य 92.6 अरब डॉलर आंका गया है। पिछली सूची के बाद उनकी संपत्ति 3.56 अरब डॉलर बढ़ी है और वह दुनिया में […] The post गौतम अडानी बने एशिया के सबसे अमीर इंसान appeared first on Sabguru News .

सबगुरु 17 Apr 2026 9:48 pm

अजमेर में रसद विभाग ने जब्त किए 3 घरेलू एलपीजी गैस सिलेण्डर

अजमेर। जिले में एलपीजी की निर्बाध आपूर्ति सुनिश्चित करने एवं कालाबाजारी पर अंकुश लगाने के लिए जिला रसद विभाग द्वारा सघन अभियान चलाया जा रहा है। इस अभियान के तहत शुक्रवार को कार्रवाई करते हुए 3 घरेलू गैस सिलेंडर जब्त किए गए हैं। जिला रसद अधिकारी मोनिका जाखड़ ने बताया कि कलक्टर लोक बन्धु के […] The post अजमेर में रसद विभाग ने जब्त किए 3 घरेलू एलपीजी गैस सिलेण्डर appeared first on Sabguru News .

सबगुरु 17 Apr 2026 9:43 pm

अक्षय तृतीया का आध्यात्मिक महत्व

अक्षय तृतीया का त्यौहार वैशाख शुक्ल पक्ष तृतीया तिथि पर मनाया जाता है। इस वर्ष यह त्यौहार 19 अप्रैल रविवार के दिन मनाया जाएगा। अक्षय तृतीया को उत्तर भारत में आखा तीज भी कहते हैं। अक्षय तृतीया की तिथि साढे तीन मूहूर्तों में से एक पूर्ण मुहूर्त है। इस दिन सत्ययुग समाप्त होकर त्रेतायुग का […] The post अक्षय तृतीया का आध्यात्मिक महत्व appeared first on Sabguru News .

सबगुरु 17 Apr 2026 9:12 pm

डीग में दिल्ली पुलिस की वर्दी में अपहरण करने वाले गिरोह का पर्दाफाश

डीग। राजस्थान में डीग जिले में पुलिस ने दिल्ली पुलिस की फर्जी वर्दी पहनकर अपहरण करने वाले गिरोह का पर्दाफाश करके दो बदमाशों को गिरफ्तार करके एक बालक को निरूद्ध किया है। पुलिस सूत्रों ने शुक्रवार को बताया कि कार्रवाई के दौरान तीन बदमाश अंधेरे का फायदा उठाकर फरार हो गए। पुलिस ने बदमाशों के […] The post डीग में दिल्ली पुलिस की वर्दी में अपहरण करने वाले गिरोह का पर्दाफाश appeared first on Sabguru News .

सबगुरु 17 Apr 2026 8:24 pm

लेबनान में संघर्ष विराम के अनुरूप होर्मुज जलडमरूमध्य से गुजर सकेंगे जहाज : ईरान

तेहरान। ईरान के विदेश मंत्री सैय्यद अब्बास अराघची ने घोषणा की है कि लेबनान में लागू संघर्ष विराम के मद्देनजर होर्मुज जलडमरूमध्य से सभी वाणिज्यिक जहाजों के गुजरने का मार्ग पूरी तरह से खोल दिया गया है। अराघची ने एक सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए यह जानकारी दी। उन्होंने इसमें स्पष्ट किया कि संघर्ष विराम […] The post लेबनान में संघर्ष विराम के अनुरूप होर्मुज जलडमरूमध्य से गुजर सकेंगे जहाज : ईरान appeared first on Sabguru News .

सबगुरु 17 Apr 2026 8:17 pm

महिला आरक्षण-परिसीमन बिल लोकसभा में क्यों गिरे:पीएम मोदी की अपील भी काम न आई; क्या सरकार ने जानबूझकर ऐसा किया, जानिए पूरी कहानी

17 अप्रैल को दोपहर करीब 2 बजे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोशल मीडिया X पर 2 पोस्ट किए। उनमें लिखा कि कुछ ही देर में मतदान होने वाला है। मैं सभी राजनीतिक दलों से आग्रह करता हूं कि महिला आरक्षण के पक्ष में मतदान करें। देश की आधी आबादी को उसका हक दें। पीएम मोदी की अपील और तमाम लामबंदियों के बावजूद केंद्र सरकार के लाए तीनों बिल लोकसभा में पास नहीं हो सके। जब सरकार को जब ये बात पता था कि उसके फेवर में नंबर गेम नहीं है, तो फिर क्यों लोकसभा में ये बिल लेकर आई? लोकसभा में बिलों के पास न होने और उसके राजनीतिक नफा-नुकसान ही पूरी कहानी, जानेंगे भास्कर एक्सप्लेनर में… सवाल-1: सरकार के 3 बिल लोकसभा में पास क्यों नहीं हो सके? जवाब: महिला आरक्षण कानून 2029 से पहले लागू करने के लिए केंद्र सरकार 3 काम करने की तैयारी में थी- लोकसभा सीटें बढ़ाकर 850 करना, देश का नया चुनावी नक्शा खींचना, यानी परिसीमन और महिला आरक्षण कानून को असल में लागू करना। इसके लिए सरकार 2011 की जनगणना को आधार पर महिला आरक्षण और परिसीमन लागू करने के लिए लोकसभा में तीन बिल लाई थी… परिसीमन और केंद्र शासित कानून (संशोधन) विधेयक सामान्य बहुमत से पास होने वाले बिले थे, यानी इसके लिए वोटिंग करने वाले सांसदों का आधे से एक ज्यादा समर्थन चाहिए था। वहीं संविधान (131वां संशोधन) विधेयक के लिए विशेष बहुमत की जरूरत थी। क्योंकि इसमें लोकसभा की अधिकतम सीटें 550 से बढ़ाकर 850 करने, आर्टिकल 81 और 82 में बदलाव, और महिला आरक्षण को परिसीमन से जोड़ने का प्रावधान है। दरअसल, संविधान के आर्टिकल 368 के मुताबिक संविधान में संशोधन के लिए संसद के दोनों सदनों में विशेष बहुमत जरूरी होता है, यानी आधे से ज्यादा सदस्य सदन में मौजूद रहें और जितने सदस्य उपस्थित हैं, उनका दो-तिहाई बहुमत। कुल मिलाकर बिल पास कराने के लिए दो-तिहाई बहुमत चाहिए था। वोटिंग के दौरान लोकसभा में 528 सांसद मौजूद थे। इस हिसाब से बिल को पास कराने के लिए 352 वोट चाहिए थे, लेकिन ऐसा नहीं हुआ। दरअसल, बीजेपी के नेतृत्व वाले नेशनल डेमोक्रेटिक अलायंस यानी NDA के पास 293 सांसद हैं, यानी सदन का महज 54.2% हिस्सा। जबकि कांग्रेस के नेतृत्व वाले INDIA के पास 233 सांसद हैं और 14 सांसद ऐसे हैं, जो किसी गठबंधन के साथ नहीं हैं। यहीं क्लियर हो गया था कि बिल पास नहीं हो पाएंगे। जब वोटिंग हुई तो बिल के समर्थन में 298 वोट और विरोध में 230 वोट पड़े। कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने खुलकर सरकार के विधेयकों का विरोध किया। उन्होंने कहा कि हम महिला आरक्षण के पक्ष में हैं, लेकिन जिस तरीके से सरकार बिल ला रही है, उसका विरोध करते हैं। यह राजनीतिक मंशा से किया जा रहा है। हम परिसीमन बिल का विरोध करेंगे और पूरा विपक्ष एकजुट है। वहीं सरकार ने बाकी के दो बिल- परिसीमन विधेयक और केंद्र शासित प्रदेश कानून (संशोधन) विधेयक पर वोटिंग कराने से इनकार कर दिया। कहा कि ये बिल एक-दूसरे से लिंक हैं, इसलिए वोटिंग की जरूरत नहीं है।सवाल-2: जब बिल का गिरना तय था, तो फिर बीजेपी इसे क्यों लेकर आई? जवाब: सरकार जानती थी कि उसके पक्ष में लोकसभा में नंबर नहीं है, इसीलिए सरकार बार-बार सभी सांसदों से समर्थन की मांग कर रही थी… मैं सभी सांसदों से कहूंगा...आप अपने घर में मां-बहन-बेटी-पत्नी सबका स्मरण करते हुए अपनी अंतरात्मा को सुनिए ...देश की नारीशक्ति की सेवा का, उनके वंदन का ये बहुत बड़ा अवसर है।उन्हें नए अवसरों से वंचित नहीं करिए।ये संशोधन सर्वसम्मति से पारित होगा, तो देश की नारीशक्ति और सशक्त…— Narendra Modi (@narendramodi) April 17, 2026 मीडिया रिपोर्ट्स में बीजेपी सूत्रों के हवाले से लिखा गया कि अगर विधेयकों को लोकसभा की मंजूरी नहीं मिलती है, तो पार्टी महिला आरक्षण कानून को लागू करने की नाकामी के लिए विपक्ष को जिम्मेदार ठहराने का एक कैम्पेन शुरू कर सकती है। इलेक्शन एनालिस्ट अमिताभ तिवारी कहते हैं, ‘बीजेपी इसे चुनावी मुद्दा बनाने की कोशिश कर सकती है। तमिलनाडु और पश्चिम बंगाल में वोटिंग होने को है और यहां महिला वोटर्स काफी अहम हैं। बीजेपी यहां नैरेटिव बनाएगी कि हमने तो कोशिश की, लेकिन विपक्ष ने महिलाओं का हक और परिसीमन में रूकावट पैदा कर दी।’ हालांकि कांग्रेस समेत पूरे विपक्ष का कहना है कि नई जनगणना और पिछड़े तबके को नजरअंदाज करके सरकार परिसीमन और महिला आरक्षण लागू करना चाहती थी। विशेष सत्र के दूसरे दिन लोकसभा के नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने कहा, ‘यह महिला आरक्षण बिल नहीं है। यह उन्हें सशक्त नहीं बनाएगा। यह सिर्फ भारत के निर्वाचन क्षेत्र के नक्शे को बदलने के लिए है। यह ओबीसी, दलित वर्गों के लिए क्रूरता वाला बिल है।’ पॉलिटिकल एक्सपर्ट मिन्हाज मर्चेंट भी मानते हैं कि सरकार और विपक्ष दोनों ही अपने-अपने तरीके से इसे नैरेटिव बनाने की कोशिश कर सकते हैं। हालांकि इससे होने वाले चुनावी फायदे का आकलन करना अभी जल्दबाजी होगी। सवाल-3: अब सरकार के पास क्या विकल्प हैं?जवाब: सरकार के पास 3 ऑप्शन हैं… सवाल-4: अगर बिल पास हो जाता, तो परिसीमन के बाद लोकसभा में क्या बदल जाता? जवाब: लोकसभा में चर्चा के दौरान सरकार ने बार-बार कहा कि सभी राज्यों की 50% सीटें बढ़ाई जाएंगी। किसी भी राज्य की सीटें नहीं घटेंगी। गृहमंत्री अमित शाह ने 850 सीटें करने का फॉर्मूला भी बताया। उन्होंने कहा, ‘मान लीजिए कि 100 सीटें हैं, जिसमें 33% आरक्षण देना है, तो इसमें 50 सीटें बढ़ाएंगे। इस हिसाब से 150 सीट होती हैं। लोकसभा में ये राउंड ऑफ फिगर 850 है।' जबकि दक्षिण के राज्यों को चिंता है कि अगर 2011 की जनगणना के आधार पर हुआ तो सबसे ज्यादा नुकसान उन्हीं को होगा। तमिलनाडु, केरलम और आंध्र प्रदेश सबसे ज्यादा घाटे में होंगे। इसी के विरोध में तमिलनाडु सीएम एमके स्टालिन ने बिल की कॉपी जलाई। स्टालिन ने चेताया भी कि अगर बिल पास हो गया तो 1960 के दशक में जैसा आंदोलन करेंगे। वहीं तेलंगाना के सीएम रेवंत रेड्डी ने दक्षिणी राज्यों के मुख्यमंत्रियों को चिट्ठी लिखकर इस बिल का विरोध करने की अपील की। सवाल-5: लोकसभा की सीटें 815 होने से क्या असर पड़ता, जिनकी कम चर्चा है? जवाब: लोकसभा में 543 से बढ़कर 815 सीटें होने से देश की राजनीति पर 3 बड़े असर पड़ेंगे… 1. लोकसभा, राज्यसभा से ज्यादा ताकतवर हो जाएगी 2. महिला आरक्षण के बावजूद, पुरुष सांसदों की सीट घटाने की जरूरत नहीं पड़ेगी 3. केंद्र सरकार अब 122 मंत्री बना सकेगी ----------- परिसीमन बिल से जुड़ी ये खबर भी पढ़िए… पूरे दक्षिण भारत से 5% ज्यादा सांसद यूपी-बिहार में: लोकसभा सीटें 850 होने से इतना बेचैन क्यों है विपक्ष; क्या वाकई बीजेपी को फायदा केंद्र सरकार एक साथ 3 बड़े काम करने की तैयारी में है- लोकसभा सीटें बढ़ाकर 850 करना, देश का नया चुनावी नक्शा खींचना, यानी परिसीमन और 2023 में पास हुए महिला आरक्षण कानून को असल में लागू करना। लेकिन यह इतना सीधा नहीं है। दक्षिण के राज्यों को डर है कि उनकी सीटें घटेंगी। विपक्ष पूछ रहा है कि बंगाल चुनाव से ठीक पहले इतनी हड़बड़ी क्यों और सबसे बड़ा सवाल- महिला आरक्षण असल में लागू कब से होगा? पूरी खबर पढ़िए...

दैनिक भास्कर 17 Apr 2026 8:16 pm

215 करोड़ के मनी लॉन्ड्रिंग मामले में जैकलीन फर्नांडिस ने ‘सरकारी गवाह’बनने की इच्छा जताई

नई दिल्ली। कथित ठग सुकेश चंद्रशेखर से जुड़े 215 करोड़ रुपए के मनी लॉन्ड्रिंग मामले में अभिनेत्री जैकलीन फर्नांडिस ने अब सरकारी गवाह बनने की कोशिश शुरू कर दी है। सूत्रों के अनुसार प्रवर्तन निदेशालय की इस जांच में अभिनेत्री ने एक याचिका दायर कर जांच में पूर्ण सहयोग करने और सरकारी गवाह बनने की […] The post 215 करोड़ के मनी लॉन्ड्रिंग मामले में जैकलीन फर्नांडिस ने ‘सरकारी गवाह’ बनने की इच्छा जताई appeared first on Sabguru News .

सबगुरु 17 Apr 2026 8:13 pm

लियोनेल मेसी ने बार्सिलोना का एक निचली लीग क्लब खरीदा

मैड्रिड। एफसी बार्सिलोना के पूर्व फॉरवर्ड लियोनेल मेसी ने स्पेन के पांचवें दर्जे के क्लब यूएई कोर्नेला को खरीदने का काम पूरा कर लिया है। अर्जेंटीना के इस दिग्गज खिलाड़ी ने, जो एमएलएस टीम इंटर मियामी के लिए खेलते हैं, बार्सिलोना के बाहरी इलाके में स्थित इस क्लब का 100 प्रतिशत मालिकाना हक हासिल कर […] The post लियोनेल मेसी ने बार्सिलोना का एक निचली लीग क्लब खरीदा appeared first on Sabguru News .

सबगुरु 17 Apr 2026 7:50 pm

सुप्रीम कोर्ट ने कांग्रेस नेता पवन खेड़ा की ट्रांजिट अग्रिम जमानत बढ़ाने की अर्जी ठुकराई

नई दिल्ली। सुप्रीम कोर्ट ने असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा की पत्नी के खिलाफ आपत्तिजनक टिप्पणी मामले में कांग्रेस नेता पवन खेड़ा को बड़ा झटका देते हुए उनकी ट्रांजिट अग्रिम जमानत बढ़ाने की अर्जी ठुकरा दी है। यह मामला असम पुलिस द्वारा असम के मुख्यमंत्री सरमा की पत्नी की शिकायत पर दर्ज की गई […] The post सुप्रीम कोर्ट ने कांग्रेस नेता पवन खेड़ा की ट्रांजिट अग्रिम जमानत बढ़ाने की अर्जी ठुकराई appeared first on Sabguru News .

सबगुरु 17 Apr 2026 7:46 pm

कर्नाटक में सड़क दुर्घटना में कार में आग लगने से 6 लोगों की जिंदा जलकर मौत

यादगीर। कर्नाटक के यादगीर जिले में शुक्रवार को देवपुर के पास एक कार और एक निजी बस की आमने-सामने की टक्कर में छह लोगों की मौत हो गई। टक्कर के बाद कार में आग लग गई और वह पूरी तरह जलकर खाक हो गई। पुलिस के अनुसार टक्कर के बाद कार में भीषण आग लग […] The post कर्नाटक में सड़क दुर्घटना में कार में आग लगने से 6 लोगों की जिंदा जलकर मौत appeared first on Sabguru News .

सबगुरु 17 Apr 2026 7:41 pm

झुंझुनूं जिले के गांव में पेड़ से लटके मिला सेना के जवान व युवती का शव

झुंझुनूं। राजस्थान में झुंझुनूं जिले के भोड़की गांव में शुक्रवार सुबह एक सेना के एक जवान एवं एक युवती के शव पेड़ से लटके मिले। पुलिस सूत्रों ने बताया कि सुबह करीब छह बजे गांव के ही एक युवक ने कीकर के पेड़ से लटके इन शवों को देखा और तत्काल ग्रामीणों और पुलिस को […] The post झुंझुनूं जिले के गांव में पेड़ से लटके मिला सेना के जवान व युवती का शव appeared first on Sabguru News .

सबगुरु 17 Apr 2026 7:35 pm

अलवर में महिला ने 4 साल की बेटी की हत्या के बाद आत्महत्या का किया प्रयास

अलवर। राजस्थान में अलवर जिले के राजगढ़ थाना क्षेत्र में पुराना राजगढ़ में शुक्रवार को एक महिला ने अपनी ही पुत्री की हत्या करने के बाद खुद पर धारदार हथियार से वार करके आत्महत्या करने का प्रयास किया। पुलिस सूत्रों ने बताया कि सुबह जब परिजनों ने बच्ची को स्कूल के लिए जगाया तब घटना […] The post अलवर में महिला ने 4 साल की बेटी की हत्या के बाद आत्महत्या का किया प्रयास appeared first on Sabguru News .

सबगुरु 17 Apr 2026 7:29 pm

लगातार तीसरी बार राज्यसभा के उप सभापति चुने गए हरिवंश

नई दिल्ली। राज्यसभा के मनोनीत सदस्य हरिवंश को शुक्रवार को लगातार तीसरी बार उच्च सदन के उप सभापति के पद पर ध्वनिमत से चुन लिया गया। नेता सदन जगत प्रकाश नड्डा ने हरिवंश को उप सभापति चुने जाने का प्रस्ताव रखा जिसका भारतीय जनता पार्टी की सदस्य एस फांगनोन कोन्याक ने समर्थन किया। सदन ने […] The post लगातार तीसरी बार राज्यसभा के उप सभापति चुने गए हरिवंश appeared first on Sabguru News .

सबगुरु 17 Apr 2026 7:25 pm

बारां में ट्रैक्टर-ट्रॉली की चपेट में आने से दो बच्चों की मौत

बारां। राजस्थान में बारां जिले में अवैध खनन करके सामग्री ले जा रहे एक ट्रैक्टर ट्रॉली की चपेट में आने से दो बच्चों की मौत हो गई। सूत्रों ने बताया कि बरडिया बस्ती बालाजी धाम के पास स्कूल से अपनी मां के साथ घर लौटते समय पांच वर्षीय योगिता यादव और सात वर्षीय गतिक यादव […] The post बारां में ट्रैक्टर-ट्रॉली की चपेट में आने से दो बच्चों की मौत appeared first on Sabguru News .

सबगुरु 17 Apr 2026 7:19 pm

कोलकाता ने गुजरात के खिलाफ टॉस जीतकर चुनी बल्लेबाजी (Video)

KKRvsGT कोलकाता नाईट राइडर्स ने गुजरात टाइटंस के खिलाफ अहमदाबाद के नरेंद्र मोदी स्टेडयिम में टॉस जीतकर बल्लेबाजी चुनी है। कोलकाता को अभी जीत का खाता खोलना बाकी है वहीं गुजरात 2 मैच जीत चुका है। टीम इस प्रकार हैं: (Playing XI & Impact Player) गुजरात टाइटंस: शुभमन गिल (कप्तान), अनुज रावत, जोस बटलर, कुमार कुशाग्र, ग्लेन फिलिप्स, राशिद खान, मानव सुथार, निशांत सिंधु, राहुल तेवतिया, वॉशिंगटन सुंदर, गुरनूर बराड़, अरशद खान, मोहम्मद सिराज, प्रसिद्ध कृष्णा, कगिसो रबाडा, आर साई किशोर, इशांत शर्मा, अशोक शर्मा, जेसन होल्डर, टॉम बैंटन, ल्यूक वुड, साई सुदर्शन, एम शाहरुख खान, जयंत यादव, कुलवंत खेजरोलिया। कोलकाता नाइट राइडर्स: अजिंक्य रहाणे (कप्तान), मनीष पांडे, रोवमैन पॉवेल, अंगकृष रघुवंशी, रमनदीप सिंह, रिंकू सिंह, सुनील नारायण, अनुकूल रॉय, वैभव अरोड़ा, उमरान मलिक, वरुण चक्रवर्ती, कैमरन ग्रीन, मथीशा पथिराना, राहुल त्रिपाठी, टिम सीफर्ट, तेजस्वी दहिया, रचिन रवींद्र, आकाश दीप, ब्लेसिंग मुजरबानी, नवदीप सैनी, प्रशांत सोलंकी, फिन एलन, दक्ष कामरा, कार्तिक त्यागी, सार्थक रंजन, सौरभ दुबे। Toss update from Ahmedabad @KKRiders won the toss and elected to bat first against @gujarat_titans Updates https://t.co/FACeUzse3B #TATAIPL | #KhelBindaas | #GTvKKR pic.twitter.com/1IPWIZTZXC — IndianPremierLeague (@IPL) April 17, 2026

वेब दुनिया 17 Apr 2026 7:05 pm

फैंस का इंतजार हुआ खत्म, इस दिन बड़े पर्दे पर दस्तक देगी संजय लीला भंसाली की 'लव एंड वॉर', रणबीर-आलिया और विक्की की तिकड़ी मचाएगी धमाल

संजय लीला भंसाली का नाम सिनेमाई भव्यता और गहरी भावनाओं का पर्याय है। उनकी अगली बड़ी फिल्म 'लव एंड वॉर' को लेकर पिछले काफी समय से बज बना हुआ है। इस फिल्म में रणबीर कपूर, आलिया भट्ट और विक्की कौशल अहम किरदार में नजर आने वाले हैं। फैंस काफी समय से 'लव एंड वॉर' की रिलीज का इंतजार कर रहे है। वहीं अब भंसाली ने अपनी इस फिल्म की रिलीज डेट पर मुहर लगा दी है। मेकर्स ने आधिकारिक घोषणा करते हुए बताया कि 'लव एंड वॉर' 21 जनवरी 2027 को बड़े पर्दे पर रिलीज होगी। A post shared by Bhansali Productions (@bhansaliproductions) फिल्म को गणतंत्र दिवस के लंबे सप्ताहांत का लाभ मिलेगा। 2025 और फिर 2026 के लिए प्रस्तावित इस फिल्म को अब तक दो बार टाला जा चुका है। जानकारों की मानें तो फिल्म के वीएफएक्स और भव्य सेटों के काम की वजह से यह फैसला लिया गया है। सेट पर सुरक्षा के कड़े इंतजाम भंसाली अपनी फिल्मों की दुनिया को पर्दे पर आने से पहले लीक होने से बचाने के लिए जाने जाते हैं। 'लव एंड वॉर' के सेट पर सुरक्षा के अभूतपूर्व इंतजाम किए गए हैं। रिपोर्ट्स के अनुसार फिल्म के क्रू और मुख्य कलाकारों सहित 500 से अधिक लोगों से स्ट्रिक्ट नॉन-डिस्क्लोजर एग्रीमेंट साइन करवाए गए हैं। सेट पर मोबाइल फोन ले जाने पर भी पाबंदी है। यह फिल्म कई मायनों में खास है क्योंकि इसमें बॉलीवुड की सबसे प्रतिभाशाली तिकड़ी एक साथ आ रही है। रणबीर कपूर पूरे 20 साल बाद संजय लीला भंसाली के पास लौटे हैं। उन्होंने 2007 में 'सावरिया' से डेब्यू किया था। वहीं 'गंगूबाई काठियावाड़ी' के लिए नेशनल अवार्ड जीतने के बाद आलिया एक बार फिर भंसाली के निर्देशन में काम कर रही हैं। विक्की कौशल पहली बार भंसाली के भव्य कैनवस का हिस्सा बनेंगे।

वेब दुनिया 17 Apr 2026 5:11 pm

भगवान परशुराम के बारे में 13 अनसुने तथ्य, जानकर रह जाएंगे हैरान

वैशाख माह के शुक्ल पक्ष यानी अक्षय तृतीया पर भगवान परशुराम का जन्मोत्वस मनाया जाता है। इस बार यह तिथि 2 दिन है- 19 अप्रैल और 20 अप्रैल 2026। उदयातिथि से 20 अप्रैल को जयंती मनाई जाएगी। भगवान परशुराम के बारे में पुराणों और प्राचीन ग्रंथों में कई ऐसे तथ्य छिपे हैं, जो सामान्य चर्चाओं में कम ही सुनने को मिलते हैं। यहाँ उनके जीवन से जुड़े कुछ अनसुने और अद्भुत रहस्य दिए गए हैं। 1. वे 'चिरंजीवी' हैं (आज भी जीवित हैं) हिंदू धर्म की मान्यताओं के अनुसार, सात महापुरुषों को 'चिरंजीवी' होने का वरदान प्राप्त है। परशुराम जी उन्हीं में से एक हैं। पौराणिक कथाओं के अनुसार, वे कलयुग के अंत तक पृथ्वी पर निवास करेंगे और जब भगवान विष्णु का 'कल्कि अवतार' होगा, तब परशुराम जी ही उन्हें अस्त्र-शस्त्र की शिक्षा (गुरु के रूप में) देंगे। 2. उनका वास्तविक नाम नहीं था परशुराम जन्म के समय उनका नाम 'राम' रखा गया था। चूँकि वे महर्षि जमदग्नि के पुत्र थे, इसलिए उन्हें 'जामदग्न्य' भी कहा जाता था। जब उन्होंने भगवान शिव की कठोर तपस्या की, तब शिवजी ने प्रसन्न होकर उन्हें एक दिव्य कुल्हाड़ी (परशु) भेंट की। उस 'परशु' को धारण करने के कारण उनका नाम 'परशुराम' पड़ा। 3. एक अनोखा 'परशुराम कुंड' अरुणाचल प्रदेश में 'परशुराम कुंड' नाम का एक तीर्थ स्थल है। कहा जाता है कि अपनी माता का वध करने के बाद (पिता की आज्ञा पर), परशुराम जी का फरसा उनके हाथ से चिपक गया था। उन्होंने इस कुंड के पानी में अपना हाथ धोया, तब जाकर वह फरसा अलग हुआ। आज भी यहाँ हज़ारों श्रद्धालु दर्शन के लिए आते हैं। 4. केरल और कोंकण के रचयिता दक्षिण भारत की लोककथाओं के अनुसार, परशुराम जी ने ही केरल, कोंकण और तटीय कर्नाटक की भूमि को समुद्र से निकाला था। कहा जाता है कि उन्होंने अपना फरसा समुद्र में फेंका, जिससे समुद्र पीछे हट गया और उपजाऊ भूमि प्रकट हुई। इसलिए उन्हें इस क्षेत्र का संरक्षक देवता माना जाता है। मान्यता अनुसार परशुराम जी ने हैहयवंशी क्षत्रियों से धरती को जीतकर दान कर दी थी। जब उनके पास रहने के लिए कोई जगह नहीं बची तो वे सह्याद्री पर्वत की गुफा में बैठकर वरुण देव की तपस्या करने लगे। वरुण देवता ने परशुराम जी को दर्शन दिए और कहा कि तुम अपना फरसा समुद्र में फेंको। जहां तक तुम्हारा फरसा समुद्र में जाकर गिरेगा, वहीं तक समुद्र का जल सूख कर पृथ्वी बन जाएगी। वह सब पृथ्वी तुम्हारी ही होगी। परशुराम जी के ऐसा करते पर समुद्र का जल सूख गया और जो भूमि उनको समुद्र में मिली, उसी को वर्तमान को केरल कहते हैं। 5. ओणम और परशुराम परशुरामजी ने सर्वप्रथज्ञ इस भूमि पर विष्णु भगवान का मंदिर बनाया। कहते हैं कि वह मंदिर आज भी 'तिरूक्ककर अप्पण' के नाम से प्रसिद्ध है। जिस दिन परशुराम जी ने मंदिर में मूर्ति स्थापित की थी, उस दिन को 'ओणम' का त्योहार मनाया जाता है। 6. मार्शल आर्ट्स के जनक ऐसा भी कहा जाता है कि दुनिया की सबसे पुरानी युद्ध कलाओं में से एक, 'कलारीपयट्टू' (Kalaripayattu), का श्रेय भगवान परशुराम को दिया जाता है। माना जाता है कि उन्होंने ही उत्तर कलारी की स्थापना की और इस कला को ऋषियों व योद्धाओं को सिखाया ताकि वे अपनी और धर्म की रक्षा कर सकें। हालांकि कुछ विद्वान मानते हैं कि इसके जन्मदाता श्रीकृष्‍ण हैं। 7. परशुराम और गणेश जी का युद्ध एक बार जब परशुराम जी भगवान शिव से मिलने कैलाश गए, तो बाल गणेश ने उन्हें द्वार पर रोक दिया। क्रोध में आकर परशुराम जी ने अपने फरसे से प्रहार किया। गणेश जी जानते थे कि यह फरसा उनके पिता (शिव) ने दिया है, इसलिए उन्होंने उसका सम्मान करते हुए अपना एक दाँत कटवा लिया। इसी के बाद गणेश जी 'एकदंत' कहलाए। 8. भीष्म और कर्ण के गुरु वे केवल शस्त्र चलाने वाले योद्धा ही नहीं, बल्कि महान शिक्षक भी थे। महाभारत के तीन सबसे शक्तिशाली योद्धाओं भीष्म, द्रोणाचार्य और कर्ण ने अस्त्र विद्या की शिक्षा परशुराम जी से ही प्राप्त की थी। हालांकि, कर्ण ने अपनी पहचान छुपाकर शिक्षा ली थी, जिसके कारण परशुराम जी ने उसे अंत समय में विद्या भूल जाने का श्राप दिया था। 9. श्री राम को अपनी शक्ति सौंपना रामायण के एक प्रसंग (सीता स्वयंवर के बाद) में जब परशुराम जी और श्री राम का मिलन होता है, तो परशुराम जी को आभास हो जाता है कि श्री राम स्वयं विष्णु के अवतार हैं। तब उन्होंने अपनी समस्त संचित तपस्या और वैष्णव धनुष श्री राम को सौंप दिया था और स्वयं तपस्या के लिए चले गए थे। 10. जीती धरती को किया दान भगवान परशुराम ने कभी राज्य नहीं किया। उन्होंने 21 बार आततायी राजाओं को हराया, लेकिन हर बार जीती हुई भूमि ब्राह्मणों या ऋषियों को दान कर दी और खुद एक सन्यासी की तरह महेंद्र पर्वत पर चले गए। 11. परशुराम ने श्रीकृष्ण को दिया सुदर्शन चक्र: महाभारत के काल में परशुराम जी दक्षिण भारत में गोमांतक पर्वत के आगे कहीं आश्रम में रहती थे। जरासंध के आक्रमण के चलते एक बार श्रीकृष्‍ण दक्षिण में चले गए। उस काल में दक्षिण में यादवों के 4 राज्य थे। आदिपुरुष, पद्मावत, क्रौंचपुर और चौथा राज्य यदु पुत्र हरित ने पश्चिमी सागर तट पर बसाया था। पद्मावत राज्य में वेण्या नदी के तट पर भगवान परशुराम निवास करते थे। श्रीकृष्‍ण ने उनसे वहीं उनके आश्रम में मुलाकात की तो परशुराम ने उन्हें सुदर्शन चक्र भेंट करके कहा कि यह तुम्हारा ही अस्त्र है। 12. परशुराम ने श्रीराम को दिया कोदंड धनुष: जब प्रभु श्रीराम ने शिवजी का धनुष तोड़ दिया था तब परशुराम जी क्रोधित होकर वहां आ धमके थे। परंतु उन्होंने श्रीराम में विष्णु जी के दर्शन किए और उस समय विश्वामित्र ने भी उन्हें बताया था कि आपके अवतार रहने का समय समाप्त हो चुका है और अब विष्णु जी स्वयं प्रभु श्रीराम के रूप में हैं। तब परशुराम जी ने रामजी को कोदंड नाम का धनुष दिया। 13. परशुराम ने कर्ण को दी ब्रह्मास्त्र की शिक्षा: जब द्रोणाचार्य ने कर्ण को ब्रह्मास्त्र विद्या सिखाने से इनकार कर दिया, तब वे परशुराम के पास पहुंच गए। परशुराम ने प्रण लिया था कि वे इस विद्या को किसी ब्राह्मण को ही सिखाएंगे, क्योंकि इस विद्या के दुरुपयोग का खतरा बढ़ गया था। कर्ण यह सीखना चाहता था तो उसने परशुराम के पास पहुंचकर खुद को ब्राह्मण का पुत्र बताया और उनसे यह विद्या सीख ली। बाद में इस छल का परशुराम जी को पता चला तो उन्होंने कर्ण को श्राप दिया कि जब तुझे इस विद्या की सबसे ज्यादा जरूरत होगी तब तू इसे भूल जाएगा।

वेब दुनिया 17 Apr 2026 5:08 pm

हार्दिक पंड्या की कप्तानी पर सवाल, टीम के खराब प्रदर्शन पर यह कहा

IPL 2026 में मुंबई इंडियंस के लगातार चौथा मैच हारने के बाद उनके कप्तान हार्दिक पंड्या ने कहा कि टीम को अपनी क़िस्मत बदलने के लिए “कुछ कठिन सवालों” के जवाब ढूंढने होंगे।उनकी ताज़ा हार पंजाब किंग्स के ख़िलाफ़ आई, जिन्होंने एमआई को 195/6 पर रोका और फिर 16.3 ओवरों में ही सात विकेट शेष रहते लक्ष्य हासिल कर लिया। इसका मतलब यह रहा कि एमआई पांच मैचों में सिर्फ़ एक जीत के साथ पॉइंट्स टेबल में नौवें स्थान पर बनी हुई है। उनकी कप्तानी पर लगातार सवाल उठ रहे हैं। मैच के दौरान भी उन्होंने गेंदबाजी करते वक्त जसप्रीत बुमराह से सलाह लेना उचित नहीं समझा जिसका वीडियो वायरल हो रहा है। इसकी कप्तानी और एटीट्यूड से आईपीएल मे मुंबई इंडियंस टीम बस एक कोलकाता से आगे है,9 वें नंबर पर... pic.twitter.com/bsH7LS0tHj — Dinesh Dangi (@dineshdangi84) April 16, 2026 पंड्या ने मैच के बाद कहा, “हमें सच में देखना होगा कि क्या हमें कुछ मुश्किल फ़ैसले लेने की ज़रूरत है या हमें इसी तरह आगे बढ़ते रहना चाहिए और उम्मीद करनी चाहिए कि चीज़ें बदल जाएंगी। ये कुछ कठिन सवाल हैं, जिनका जवाब हमें देना होगा और इसकी ज़िम्मेदारी भी लेनी होगी। “मेरे पास अभी कहने के लिए ज़्यादा कुछ नहीं है। मुझे लगता है हमें फिर से शुरुआत करनी होगी और देखना होगा कि हम कहां कमी कर रहे हैं। क्या यह व्यक्तिगत स्तर पर है, क्या टीम के तौर पर है, या प्लानिंग में कोई कमी है? हम इसे समझेंगे और देखेंगे कि आगे क्या किया जा सकता है।” The Legacy built over the years is getting broken brick by brick Wankhede used to be our Fortress but now #IPL #IPL2026 @mipaltan pic.twitter.com/B7YJJO0r3y — MI Blud (@micricket2013) April 17, 2026 साथ ही, पंड्या ने विपक्ष को तीनों विभागों में बेहतर खेलने का श्रेय दिया। उन्होंने कहा, “मुझे लगता है हमें उन्हें भी क्रेडिट देना चाहिए। पहली पारी में गेंद रिवर्स होने लगी थी और उस समय ओस नहीं आई। दूसरी पारी में ओस आई और पिच थोड़ी बेहतर हो गई। लेकिन इसके बावजूद, उन्होंने हमें हर विभाग में मात दी। उन्होंने बेहतर गेंदबाज़ी की, बेहतर बल्लेबाज़ी की और फ़ील्डिंग भी बेहतर की और यही हमारे मैच हारने की वजह बनी।”

वेब दुनिया 17 Apr 2026 5:00 pm

Akshaya Tritiya Mantra: मां लक्ष्मी की असीम कृपा पाने का दिन अक्षय तृतीया, पढ़ें धन वर्षा के 5 चमत्कारी मंत्र

Financial success mantra: अक्षय तृतीया का अवसर केवल सोना खरीदने का नहीं, बल्कि अपनी किस्मत को चमकाने और दरिद्रता को जड़ से मिटाने का महापर्व है। अगर आप भी आर्थिक तंगी से जूझ रहे हैं, तो इस 'आखा तीज' पर मां लक्ष्मी के इन सिद्ध मंत्रों के साथ अपनी तिजोरी के द्वार खोल सकते हैं। ALSO READ: अक्षय तृतीया 2026: बस ये 15 दान बदल देंगे आपकी किस्मत, बरकत के लिए घर लाएं ये 12 चीजें शास्त्रों की मानें तो अक्षय तृतीया एक ऐसा 'स्वयंसिद्ध मुहूर्त' है जिसमें सितारों की स्थिति आपके हर प्रयास को सफल बनाती है। इस दिन शाम के समय की गई साधना सीधे मां लक्ष्मी तक पहुंचती है। आइए यहां प्रस्तुत हैं अक्षय तृतीया पर प्रभावशाली लक्ष्मी साधना... साधना की तैयारी: सही विधि, सटीक परिणाम दिशा ज्ञान: अक्षय तृतीया पर्व की शाम को शांत मन के साथ उत्तर दिशा (Kuber Direction) की ओर मुख करके बैठें। आसन: लाल रंग के आसन का प्रयोग करें, यह ऊर्जा और लक्ष्मी का प्रतीक है। स्थापना: एक चौकी पर लाल मखमली कपड़ा बिछाएं और उस पर मां लक्ष्मी की प्रतिमा या चित्र स्थापित करें। विशेष यंत्र: मां के सम्मुख 10 लक्ष्मीकारक कौड़ियां रखें (यह धन को आकर्षित करने का प्राचीन तांत्रिक माध्यम है)। प्रकाश: शुद्ध देसी घी का दीपक प्रज्वलित करें जो पूरी साधना के दौरान जलता रहे। प्रक्रिया: मां का विधि-विधान से पूजन करें, प्रत्येक कौड़ी पर सिंदूर का तिलक लगाएं और लाल चंदन की माला हाथ में लेकर एकाग्र हो जाएं। धन-वर्षा के 5 चमत्कारी मंत्र अपनी जरूरत और श्रद्धा के अनुसार निम्न में से किसी भी एक मंत्र की 5 माला का जाप करें: 1. ॐ आद्य लक्ष्म्यै नम: - जीवन की बाधाओं को दूर कर नई शुरुआत के लिए जपें ये मंत्र। 2. ॐ विद्या लक्ष्म्यै नम: - बुद्धि और कौशल से धन कमाने के लिए इस मंत्र को जपें। 3. ॐ सौभाग्य लक्ष्म्यै नम: - वैवाहिक सुख और ऐश्वर्य की प्राप्ति हेतु इसका जाप करें। 4. ॐ अमृत लक्ष्म्यै नम: - स्थिर लक्ष्मी और आरोग्य के लिए इसे जपें। 5. सिद्ध महामंत्र: 'ॐ पहिनी पक्षनेत्री पक्षमना लक्ष्मी दाहिनी वाच्छा भूत-प्रेत सर्वशत्रु हारिणी दर्जन मोहिनी रिद्धि सिद्धि कुरु-कुरु-स्वाहा।' - यह मंत्र शत्रुओं का नाश कर व्यापार में अटकी हुई सफलता को वापस दिलाता है। ALSO READ: जैन धर्म में अक्षय तृतीया मनाने के 10 कारण जानें क्यों खास है यह साधना? अक्षय तृतीया पर किया गया यह लघु अनुष्ठान आपके जीवन से 'आर्थिक ग्रहण' को हटा देता है। लाल चंदन की ऊर्जा और मंत्रों की शक्ति जब कौड़ियों से टकराती है, तो वे अभिमंत्रित हो जाती हैं। पूजा के बाद इन कौड़ियों को अपनी तिजोरी या गल्ले में रखें। परिणाम: व्यापार में अप्रत्याशित बढ़त, कर्जों से मुक्ति और साल भर घर में बनी रहने वाली बरकत। टिप: साधना के दौरान पूर्ण विश्वास रखें, क्योंकि मां लक्ष्मी वहां निवास करती हैं जहां श्रद्धा 'अक्षय' होती है। अस्वीकरण (Disclaimer) : चिकित्सा, स्वास्थ्य संबंधी नुस्खे, योग, धर्म, ज्योतिष, इतिहास, पुराण आदि विषयों पर वेबदुनिया में प्रकाशित/प्रसारित वीडियो, आलेख एवं समाचार सिर्फ आपकी जानकारी के लिए हैं, जो विभिन्न सोर्स से लिए जाते हैं। इनसे संबंधित सत्यता की पुष्टि वेबदुनिया नहीं करता है। सेहत या ज्योतिष संबंधी किसी भी प्रयोग से पहले विशेषज्ञ की सलाह जरूर लें। इस कंटेंट को जनरुचि को ध्यान में रखकर यहां प्रस्तुत किया गया है जिसका कोई भी वैज्ञानिक प्रमाण नहीं है। ALSO READ: Akshaya Tritiya गोल्ड रेट अलर्ट: सोने की कीमतों में रिकॉर्ड उछाल, क्या इस अक्षय तृतीया गोल्ड खरीदना है फायदे का सौदा?

वेब दुनिया 17 Apr 2026 4:56 pm

एक्सेल एंटरटेनमेंट की एक्शन थ्रिलर में दिखेगा सनी देओल का नया अवतार, फिल्म को लेकर बढ़ा बज

रितेश सिधवानी और फरहान अख्तर की 'एक्सेल एंटरटेनमेंट' भारतीय सिनेमा के सबसे बड़े प्रोडक्शन हाउस में से एक है। हाल ही में उन्होंने सनी देओल के साथ अपने अगले बड़े प्रोजेक्ट की घोषणा की है, जिसे ए.आर. मुरुगादॉस भी प्रोड्यूस करेंगे। फिल्म में ज्योतिका भी हैं, जो इस प्रोजेक्ट में उनके साथ एक अहम किरदार निभा रही हैं। सनी देओल इस प्रोजेक्ट को लीड कर रहे हैं, और 'बॉर्डर 2' की कामयाबी के बाद इस खबर ने पहले ही काफी सुर्खियां बटोर ली हैं। एक्टर के करीबी एक सूत्र ने खुलासा किया है कि इस फिल्म में सनी एकदम नए ज़ोन में नजर आएंगे। रितेश, फरहान और मुरुगादॉस के साथ यह उनका पहला कोलाबोरेशन है, जो उनके करियर का एक रोमांचक नया अध्याय साबित होगा। एक्टर के करीबी सूत्र के अनुसार, लगातार मास एंटरटेनर फिल्मों के साथ एक धमाकेदार दौर के बाद, सनी देओल अब रितेश सिधवानी, फरहान अख्तर और ए.आर. मुरुगादॉस के साथ अपनी पहली फिल्म के लिए एक बिल्कुल नए किरदार और ज़ोन में कदम रख रहे हैं। यह एक्सेल एंटरटेनमेंट का प्रोडक्शन है, जिसे रितेश सिधवानी, फरहान अख्तर और ए.आर. मुरुगादॉस प्रोड्यूस कर रहे हैं। यह अपनी तरह की अलग एक्शन थ्रिलर फिल्म होगी, जिसका निर्देशन बालाजी गणेश करेंगे। इस खबर ने दर्शकों के बीच जबरदस्त उत्साह पैदा कर दिया है, क्योंकि उन्हें सनी देओल को एक नए अवतार में देखने का मौका मिलेगा। दूसरी ओर, चेन्नई के फिल्ममेकर बालाजी गणेश, जो लंबे समय तक ए.आर. मुरुगादॉस के को-डायरेक्टर रहे हैं, इस सस्पेंस थ्रिलर के साथ बतौर डायरेक्टर अपनी शुरुआत कर रहे हैं। उनके पास कहानी, निर्देशन और बड़े पैमाने के प्रोडक्शन का अच्छा अनुभव है। यह फिल्म एक्सेल एंटरटेनमेंट का प्रोडक्शन है, जिसे रितेश सिधवानी, फरहान अख्तर और ए.आर. मुरुगादॉस ने प्रोड्यूस किया है, जबकि कासिम जगमगिया, विशाल रामचंद्रनी, आदित्य जोशी, सुनील जैन और यूसुफ शेख इसके को-प्रोड्यूसर हैं। सनी देओल की लीड रोल वाली यह एक्शन थ्रिलर फिल्म 27 फरवरी 2026 को फ्लोर पर आ चुकी है। फिलहाल फिल्म की शूटिंग चल रही है, जिसने फैंस के बीच जबरदस्त एक्साइटमेंट पैदा कर दी है।

वेब दुनिया 17 Apr 2026 4:50 pm

एक्स्ट्रा-मैरिटल रिश्तों वाले ऐप बदल रहे हैं शादी के मायने

भारत में कई लोग शादी के बाहर अपनी भावनात्मक और शारीरिक जरूरतें पूरा करने के लिए 'ग्लीडन' जैसे ऐप्स को अपना रहे हैं। बेंगलुरु, दिल्ली, मुंबई जैसे शहरों के अलावा लखनऊ और पटना जैसे शहरों में भी इसके यूजर तेजी से बढ़े हैं।

वेब दुनिया 17 Apr 2026 9:10 am

‘गाँव से लौटते हुए’ : स्मृतियों, संवेदनाओं और बदलते ग्राम्य जीवन का काव्यात्मक दस्तावेज

डॉ. पारुल के कविता संग्रह ‘गाँव से लौटते हुए’ की समीक्षा—ग्राम्य जीवन, स्मृतियों, रिश्तों और बदलते सामाजिक यथार्थ का संवेदनात्मक विश्लेषण।

हस्तक्षेप 17 Apr 2026 8:22 am

‘हिंदी हम पर बोझ, तमिल हमारी मां’:स्टेशन के नाम पर काली स्याही, तमिल बोले- जो हिंदी थोपेगा, तमिलनाडु उसे रिजेक्ट करेगा

‘अगर हिम्मत है, तो गोली चलाओ।’ हिंदी के विरोध में प्रोटेस्ट कर रहे लड़के ने सेंट्रल फोर्स के जवान को ललकारते हुए कहा। जवान ने उसके पैर में गोली मार दी। आसपास मौजूद लोग लड़के को अस्पताल ले गए। मरहम-पट्टी हुई, लेकिन वो लंगड़ाते हुए फिर सड़क पर आ गया। कुछ देर में फिर गोली लगी और उसकी मौत हो गई। तमिलनाडु में इस लड़के को ‘अनडेड प्रोटेस्टर’ यानी जिंदा आंदोलनकारी माना जाता है। 1965 में ऑफिशियल लेंग्वेज एक्ट के विरोध में मदुरै से लेकर चेन्नई तक लोग सड़कों पर उतर आए थे। प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री ने सेंट्रल फोर्स भेज दी। फायरिंग में 70 लोग मारे गए। विरोध में तीन लोगों ने खुद को आग लगा ली। ये प्रोटेस्ट ‘हिंदी विरोध’ और पोलाची नरसंहार के तौर पर जाना जाता है। इसके बाद तमिलनाडु से कांग्रेस खत्म हो गई और DMK ने अपनी जगह बना ली। 23 अप्रैल को तमिलनाडु में विधानसभा चुनाव के लिए वोटिंग है। प्रचार के बीच एक रिपोर्टर ने CM स्टालिन से पूछा- केंद्र सरकार CBSE स्कूलों में 3 लैंग्वेज पॉलिसी लागू करेगी, हिंदी भाषा पढ़ना भी अनिवार्य होगा… स्टालिन ने फौरन जवाब दिया- ‘जब तक DMK है, तमिलनाडु में ऐसा नहीं होने देंगे।’ तो क्या तमिलनाडु में हिंदी विरोध अब भी है? पढ़िए ये रिपोर्ट… केंद्र की प्रॉपर्टी पर हिंदी, राज्य की बिल्डिंग से गायब भारत के 28 राज्यों में तमिलनाडु इकलौता है, जिसने अपने यहां तीन भाषा फॉर्मूला लागू नहीं किया। इसका असर चेन्नई सेंट्रल रेलवे स्टेशन से बाहर निकलते ही दिखने लगता है। बिल्डिंग पर तीन भाषाओं तमिल, हिंदी और अंग्रेजी में बोर्ड लगा है। बड़े-बड़े अक्षरों में हिंदी में लिखा है- पुरट्चि तलैवर डॉ. एमजी रामचंद्रन सेंट्रल रेलवे स्टेशन। यहां से करीब आधा किमी दूर चेन्नई कॉर्पोरेशन की बिल्‍डिंग है। इस पर लगे बोर्ड से हिंदी गायब है, सिर्फ तमिल और अंग्रेजी लिखी है। मैं रिपोर्टिंग के लिए भारत के ज्यादातर नॉन हिंदी राज्यों में गया हूं। थोड़ी बहुत हिंदी सभी को आती है। तमिलनाडु की सड़कों पर घूमते हुए हिंदी बिल्कुल नहीं सुनाई देती। ऑटो ड्राइवर से लेकर दुकानदार तक, किसी से बात करनी हो, तो बस अंग्रेजी विकल्प है। चेन्नई सेंट्रल के ठीक सामने एक और रेलवे स्टेशन है चेन्नई पार्क। स्टेशन केंद्र सरकार की प्रॉपर्टी है, इसलिए यहां तीन भाषाओं में बोर्ड लगे हैं। यहां हिंदी में जो लिखा है, उस पर काला पेंट पोतने के निशान हैं। 11 मार्च को PM मोदी के तमिलनाडु दौरे के पहले हिंदी शब्दों पर ब्लैक पेंट स्प्रे कर दिया गया। नारे लगे ‘तमिल वाज्गा, हिंदी ओझिगा’ मतलब ‘तमिल जिंदाबाद, हिंदी मुर्दाबाद..’ भाषा को लेकर उग्र विरोध और कालिख पोतने की घटनाओं के पीछे राजनीतिक पार्टियां सीधे तौर पर शामिल नहीं होतीं, बल्कि छोटे प्रॉक्सी संगठनों का सहारा लेती हैं। चेन्नई पार्क की घटना के पीछे ‘मई-17’ नाम के संगठन की भूमिका थी। कहने को ये श्रीलंकाई तमिलों के मुद्दे पर काम करता है, लेकिन इस तरह के संगठन का सिर्फ नाम इस्तेमाल होता है। DMK इन घटनाओं का खुलकर समर्थन तो नहीं करती, लेकिन उसके कार्यकर्ताओं की भूमिका होती है। तमिलनाडु में हिंदी विरोध 100 साल पुराना, लोग बोले- हिंदी बोझ है, ढोएंगे नहीं इस तरह के प्रोटेस्ट में शामिल रहे DMK के एक कार्यकर्ता से हमने बात की। वे पार्टी की लेंग्वेज विंग में एक्टिव हैं। नाम नहीं बताना चाहते थे। सुरेश (बदला हुआ नाम) कहते हैं ‘तमिलनाडु के लोग अपनी भाषा को लेकर जज्बाती हैं। हम तमिल के अलावा कोई दूसरी भाषा पसंद नहीं करते। हिंदी थोपने को किसी कीमत पर बर्दाश्त नहीं करेंगे।’ लेकिन सिर्फ तमिल से तो काम नहीं चलेगा, तमिलनाडु के बाहर कैसे बात करेंगे? सुरेश जवाब देते हैं, ‘हम अंग्रेजी से बाकी दुनिया से जुड़ सकते हैं। हिंदी बोझ है। इसे ढोने के लिए मजबूर किया जा रहा है।’ तमिलनाडु में हिंदी के विरोध की राजनीति करीब 90 साल पुरानी है। 1937 में मद्रास प्रेसिडेंसी के CM सी राजगोपालाचारी ने स्कूलों में हिंदी अनिवार्य की थी। इसके खिलाफ तमिलनाडु में आंदोलन खड़ा हो गया। जस्टिस पार्टी के पेरियार ने पहली बार ‘हिंदी थोपना’ जुमले का इस्तेमाल किया। ये सबसे बड़ा नारा बन गया। 1965 में फिर लैंग्वेज एक्ट के विरोध में आंदोलन हुआ। तमिलनाडु में हिंदी हमेशा से वैकल्पिक भाषा ही रही। DMK हो या थलापति सपोर्टर, हिंदी की जबरदस्ती के खिलाफ चेन्नई में मिलीं 40 साल की विजयलक्ष्मी मदुरै के पास तिंदिवरन की रहने वाली हैं। तमिल भाषा को लेकर काफी इमोशनल हैं। कहती हैं, ‘तमिल मां की तरह है। हम इसमें स्वाभिमान देखते हैं।’ 55 साल के केवी राजन चेन्नई से करीब 500 किमी दूर तिरुपुर में कार एसेसरीज का बिजनेस करते हैं। DMK को पसंद नहीं करते। सुपरस्टार थलापति विजय के समर्थक राजन कहते हैं, ‘तमिलनाडु में कोई पार्टी हिंदी लागू करने की वकालत करेगी, तो उसका कोई समर्थन नहीं करेगा।' 76 साल के रिटायर्ड कर्मचारी एम मुनियांडि भी ‘अनिवार्य हिंदी’ के विरोध में हैं। वे कहते हैं, ‘सेंटर के लोग हिंदी के साथ अनिवार्य लगाते हैं, ये उन्हें छोड़ना पड़ेगा। हिंदी बोलना ही भारतीय होने की इकलौती शर्त नहीं है।’ ‘हिंदी सीखने से कॉन्फिडेंस आया, बोलने में मजा आता है’ ऐसा भी नहीं है कि तमिलनाडु में लोग हिंदी नहीं सीख रहे हैं। 1918 में महात्मा गांधी ने दक्षिण भारत में हिंदी को लिंक लैंग्वेज (जुड़ाव की भाषा) बनाने के लिए ‘दक्षिण भारत हिंदी प्रचार सभा’ की शुरुआत की। हम चेन्नई में इस संस्था के कैंपस पहुंचे। यहां हिंदी सीख रहीं तनुजा 8 साल से चेन्नई में रह रही हैं। हिंदी प्रचार सभा में बीएड की पढ़ाई कर रही हैं। हिंदी बोलती हैं, लेकिन अटकती जुबान से। मद्रास यूनिवर्सिटी के MA हिंदी में सिर्फ 4 स्टूडेंट हमने हिंदी प्रचार सभा में प्रोफेसर डॉ. मंजूनाथ से पूछा कि तमिलनाडु में तो टू लैंग्वेज पॉलिसी है, तो लोग क्यों हिंदी पढ़ने आते हैं? वे कहते हैं, ‘ये तमिलनाडु सरकार की पॉलिसी है। इस पर मेरा बात करना अच्छा नहीं होगा। मैंने महसूस किया है कि हर कोई हिंदी भाषा पढ़ना चाहता है। इससे बाकी देश के लोगों से जुड़ने में मदद हो सकती है।’ हालांकि, मद्रास यूनिवर्सिटी में हिंदी विभाग की हालत खराब है। मास्टर्स के कोर्स में सिर्फ 4 स्टूडेंट हैं। विभाग प्रमुख प्रोफेसर अन्नपूर्णा कहती हैं कि युवा पीढ़ी इंजीनियरिंग-मेडिकल की पढ़ाई करना चाहती है। कोई भाषा नहीं पढ़ना चाहता। हिंदी तो बहुत दूर की बात है, लोग तमिल तक पढ़ना नहीं चाहते। ‘हिंदी न बोलने वालों को दोयम दर्जे का नागरिक नहीं बना सकते’ हिंदी से जुड़े सवालों पर हमने DMK नेता एसएएस हफीजुल्लाह से बात की। वे बताते हैं, ‘हिंदी थोपने की कोशिश 90 साल से हो रही है। आप हिंदी न बोलने वालों को दोयम दर्जे का नागरिक नहीं बना सकते। थ्री लैंग्वेज पॉलिसी के तहत यही कोशिश हो रही है।’ स्टेशन पर कालिख पोतना और उग्र प्रदर्शन करने से तमिलनाडु की क्या छवि बनेगी, क्या पार्टी इसके समर्थन में है? DMK नेता जवाब देते हैं, हम तीन भाषा फॉर्मूला का विरोध करने वाले हर लोकतांत्रिक विरोध का समर्थन करते हैं। आप तमिलनाडु में आकर हिंदी थोपने की कोशिश करेंगे, तो जवाब मिलेगा। अगर कोई कानून के खिलाफ जाता है, तो सरकार उसके खिलाफ एक्शन लेती है। क्या 80 हजार मंदिरों वाला तमिलनाडु सनातन विरोधी भी है? CM स्टालिन के बेटे उदयनिधि 2023 में सनातन विरोधी बयान की वजह से विवादों में आ गए थे। उन्होंने कहा था, ‘सनातन का विरोध नहीं करना चाहिए, बल्कि इसे खत्म करना चाहिए… जैसे डेंगू, मलेरिया, कोरोना जैसी बीमारियों को खत्म किया जाता है।’ बाद में उन्होंने सफाई दी कि मैं किसी धर्म का दुश्मन नहीं हूं। मैं सनातन प्रथा के खिलाफ हूं। क्या आम तमिल भी सनातन को लेकर ऐसा ही सोचते हैं, जबकि तमिलनाडु में देश के सबसे ज्यादा हिंदू मंदिर हैं। इस सवाल के जवाब में कारोबारी केवी राजन कहते हैं, ‘हम उदयनिधि के बयान के साथ नहीं है। ये सब राजनीति है। तमिलनाडु के लोग किसी धर्म के खिलाफ नहीं हैं। हम हिंदू हैं, लेकिन बच्चों के साथ वेलांकनी चर्च जाते हैं। दूसरे धर्म के लोग हमारे मंदिरों में भी आते हैं।’ उदयनिधि हों या स्टालिन, सब पॉलिटिक्स की वजह से बयानबाजी करते हैं। उनके घर में पूजा होती है। घर के सामने श्रीवेणुगोपाल मंदिर हैं, उनकी मां इसी मंदिर में जाया करती थीं। सेलम के रहने वाले कारोबारी कनकराज कहते हैं, ‘हम हिंदू धर्म को मानने वाले लोग हैं। उदयनिधि ने ऐसा क्यों कहा हमें नहीं पता। लेकिन किसी भी धर्म को डेंगू, मलेरिया नहीं कहा जाना चाहिए। ये इलेक्शन का मुद्दा नहीं है। बात होगी सरकार के काम पर और हम उसी पर वोट करेंगे।’ तमिलनाडु में 23 अप्रैल को वोटिंग… चेन्नई में मारवाड़ियों के इलाके से ग्राउंड रिपोर्ट… राजस्थानी बोले- हम तमिल बोलते हैं, तमिलों को हिंदी सिखा दी तमिलनाडु की राजधानी चेन्नई की मिंट स्ट्रीट पर एक बाजार है- सौकार पेठ। यहां राजस्थान, मध्यप्रदेश, गुजरात, हरियाणा और उत्तर प्रदेश के करीब डेढ़ लाख लोग रहते हैं। हिंदी विरोध की राजनीति करने वाली DMK ने यहां से मारवाड़ी को पार्षद का टिकट दिया, वे जीते भी। यहां रहने वालीं निर्मला राजपुरोहित राजस्थान से हैं। वे कहती हैं, हमने यहां तमिलों को हिंदी और मारवाड़ी सिखा दी। हमारे घर में नाश्ता भी इडली-सांभर ही होता है।’ पढ़िए पूरी खबर…

दैनिक भास्कर 17 Apr 2026 5:11 am

रोडवेज कामगारों ने दिया जयपुर में प्रदेश स्तरीय धरना

जयपुर। राजस्थान स्टेट रोडवेज एम्पलाईज यूनियन (एटक) के बैनर तले रोडवेज के बड़ी संख्या में सेवारत एवं सेवानिवृत कामगारों ने गुरुवार को जयपुर में प्रदेश स्तरीय धरना दिया। रोडवेज के मुख्यालय पर आयोजित धरना रोडवेज बचाओ- रोजगार बचाओ नारे के साथ रोडवेज संस्थान, सेवारत कामगारों एवं सेवानिवृत कामगारों के व्यापक हितों की ग्यारह सूत्री मांगों […] The post रोडवेज कामगारों ने दिया जयपुर में प्रदेश स्तरीय धरना appeared first on Sabguru News .

सबगुरु 16 Apr 2026 9:57 pm

करौली जिले में एसडीएम सहित तीन लोग 60000 रुपए की रिश्वत लेते अरेस्ट

करौली। राजस्थान में भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (एसीबी) ने गुरुवार को करौली जिले में नादोती की उपखण्ड अधिकारी काजल मीना, उनके रीडर दिनेश कुमार सैनी एवं वरिष्ठ सहायक प्रवीण धाकड को एक मामले में 60 हजार रुपए की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार किया। ब्यूरो के पुलिस महानिदेशक गोविन्द गुप्ता ने बताया कि एसीबी चौकी […] The post करौली जिले में एसडीएम सहित तीन लोग 60000 रुपए की रिश्वत लेते अरेस्ट appeared first on Sabguru News .

सबगुरु 16 Apr 2026 9:49 pm

हनी-ट्रैप और ब्लैकमेलिंग के जरिए 500 से अधिक महिलाओं से दो करोड़ की ठगी

नई दिल्ली। दिल्ली पुलिस ने पश्चिम बंगाल से एक कुख्यात साइबर जालसाज और जबरन वसूली करने वाले अपराधी को गिरफ्तार किया है। आरोपी पर डेटिंग और शादियां तय करवाने वाली वेबसाइटों पर फर्जी प्रोफाइल बनाकर 500 से अधिक महिलाओं को ठगने और ब्लैकमेल करने का आरोप है। पुलिस के अनुसार, आरोपी आनंद कुमार (35) कई […] The post हनी-ट्रैप और ब्लैकमेलिंग के जरिए 500 से अधिक महिलाओं से दो करोड़ की ठगी appeared first on Sabguru News .

सबगुरु 16 Apr 2026 8:07 pm

अमरावती में 180 से अधिक नाबालिग लड़कियों के यौन शोषण मामले में मुख्य आरोपी का रिमांड

अमरावती। महाराष्ट्र के अमरावती-परतवाड़ा इलाके में 180 से अधिक नाबालिग लड़कियों के यौन शोषण और उन्हें ब्लैकमेल करने के मामले में प्रशासन ने कड़ी कार्रवाई शुरू कर दी है तथा मुख्य आरोपी अयान अहमद को हिरासत में ले लिया गया है। प्रहार जनशक्ति पार्टी (पीजेपा) के नेता एवं पूर्व राज्य मंत्री बच्चू कडू ने इस […] The post अमरावती में 180 से अधिक नाबालिग लड़कियों के यौन शोषण मामले में मुख्य आरोपी का रिमांड appeared first on Sabguru News .

सबगुरु 16 Apr 2026 8:02 pm

श्रीगंगानगर में मंगेतर को आत्महत्या के लिए उकसाने के आरोप में युवक अरेस्ट

श्रीगंगानगर। राजस्थान में श्रीगंगानगर जिले के हिंदूमलकोट थाना क्षेत्र में पुलिस ने एक युवक को अपनी मंगेतर को आत्महत्या के लिए मजबूर करने के आरोप में गिरफ्तार किया है। थाना प्रभारी पुलिस निरीक्षक हेमलता शर्मा ने गुरुवार को बताया कि गिरफ्तार किए गए युवक रितेश उर्फ गगन ओड राजपूत (22) को गिरफ्तार करके न्यायिक हिरासत […] The post श्रीगंगानगर में मंगेतर को आत्महत्या के लिए उकसाने के आरोप में युवक अरेस्ट appeared first on Sabguru News .

सबगुरु 16 Apr 2026 7:41 pm

भीलवाड़ा में हार्डवेयर की दुकान में आग लगने से लाखों रुपए का नुकसान

भीलवाड़ा। राजस्थान में भीलवाड़ा जिले के आसींद थाना क्षेत्र में बुधवार देर रात बस स्टैंड के पास स्थित एक हार्डवेयर की दुकान में आग लगने से लाखों रुपये का नुकसान हो गया। प्राप्त जानकारी के अनुसार कालियास गांव में भंवर सिंह चुंडावत की हार्डवेयर दुकान में अचानक आग लग गई जिसने जल्द ही विकराल रूप […] The post भीलवाड़ा में हार्डवेयर की दुकान में आग लगने से लाखों रुपए का नुकसान appeared first on Sabguru News .

सबगुरु 16 Apr 2026 7:37 pm

अजिंक्य रहाणे की बल्लेबाजी और कप्तानी की आलोचना चरम लेकिन विकल्प कम

अजिंक्य रहाणे के लिए हालात काफी अच्छे नहीं चल रहे और उन्हें आलोचनाओं का सामना करना पड़ रहा है जिसे संभवत: कोई खिलाड़ी सुनना नहीं चाहता।ऐसे कई मौके आए हैं जब टीमों की आईपीएल में शुरुआत बेहद खराब रही है लेकिन कोई भी टीम कोलकाता नाइट राइडर्स जितनी बिखरी हुई और कोई भी कप्तान इतना बेखबर पहले कभी नहीं दिखा। इसके अलावा बल्लेबाजी का अंदाज भी आईपीएल की शुरुआत के समय जितना ही पुराना है। अभिषेक शर्मा और इशान किशन जैसे युवा खिलाड़ियों ने टी20 में बल्लेबाजी का अंदाज पूरी तरह से बदल दिया है और अब वैभव सूर्यवंशी ने तो इसे एक बिल्कुल ही नए स्तर पर पहुंचा दिया है। आयुष म्हात्रे और प्रियांश आर्य जैसे खिलाड़ियों को भी नहीं भूलना चाहिए। सैंतीस साल की उम्र में रहाणे के लिए अब इस बदलते खेल के साथ कदम मिलाना या अपनी बल्लेबाजी के तरीके को बदलना नामुमकिन सा है क्योंकि उनकी बल्लेबाजी का तरीका पिछले 20 वर्षों में बनी उनकी ‘मसल मेमोरी’ (शारीरिक आदत) पर आधारित है। अब इस बात पर गंभीर सवाल उठ रहे हैं कि रहाणे इस टीम के कप्तान कैसे बने रह सकते हैं जबकि एक बल्लेबाज के तौर पर भी उनकी जगह पक्की नहीं है। पांच मैच में रहाणे सिर्फ सात छक्के लगा पाए हैं लेकिन इससे भी अधिक हैरानी की बात यह है कि उन्होंने सिर्फ आठ चौके जड़े हैं। एक शीर्ष क्रम के बल्लेबाजी के लिए जो या तो पारी का आगाज करता है या फिर तीसरे नंबर पर आता है उसके लिए इस स्तर पर हर मैच में औसतन तीन बाउंड्री लगाना बहुत बड़ी नाकामी मानी जाएगी। रहाणे का स्ट्राइक रेट भी 150 से कम है जो कोविड से पहले के दिनों में अच्छा माना जाता था लेकिन अब उस खिलाड़ी के लिए एक निराशाजनक तस्वीर पेश कर रहा है जो देश के लिए 80 से टेस्ट मैच खेल चुका है और सम्मानित पूर्व टेस्ट कप्तान है। रहाणे बस अपनी साख को धूमिल कर रहे हैं लेकिन उनके हित में सबसे बड़ी चीज यह है कि नाइट राइडर्स के पास कोई विकल्प नहीं है। उप कप्तान रिंकू सिंह भी उतनी ही खराब फॉर्म में हैं। टीम में कप्तानी का कुछ अनुभव रखने वाला एकमात्र अन्य खिलाड़ी रोवमैन पॉवेल है जिसने वेस्टइंडीज के लिए 37 टी20 अंतरराष्ट्रीय मुकाबलों और तीन एकदिवसीय अंतरराष्ट्रीय मैच में कप्तानी की है। Ajiyanka Rahane against spin bowling in IPL since 2023 : vs Pace - 171.0 SR || 40.00 Avg. vs Spin - 119.30 SR || 20.30 Avg. Rahane struggled against spin bowlers !! pic.twitter.com/WE3OWKD9cv — VIKAS (@Vikas662005) April 9, 2026 टी20 अंतरराष्ट्रीय में उनका जीत का प्रतिशत 51 है लेकिन इस समय पॉवेल भी एक बेहतर विकल्प लगते हैं। रहाणे और मुख्य कोच अभिषेक नायर के शिष्य अंगकृष रघुवंशी (155 के स्ट्राइक रेट से 182 रन बनाकर नाइट राइडर्स के मौजूदा शीर्ष स्कोरर) दोनों के शीर्ष चार में बल्लेबाजी करने के बावजूद नाइट राइडर्स को अधिकतर पावरप्ले में कभी भी वैसी जोरदार शुरुआत नहीं मिली जैसी मंगलवार को चेपक में मिली थी। इसकी पूरी जिम्मेदारी C.E.O वेंकी मैसूर और नायर सहित नाइट राइडर्स के टीम प्रबंधन के सभी बड़े अधिकारियों पर आती है कि उन्होंने एक ऐसी टीम बनाई है जिसमें कोई उपयुक्त विकल्प मौजूद नहीं हैं। भले ही रहाणे को बाहर बिठा दिया जाए लेकिन उनके पास ऐसे कोई बेहतरीन भारतीय रिजर्व खिलाड़ी नहीं हैं जो आकर पहले ही मैच से टीम को लय दे सके। एक युवा खिलाड़ी जिसमें स्वाभाविक रूप से जोरदार हिटिंग करने की क्षमता है वह दिल्ली के तेजस्वी दहिया हैं। कुल मिलाकर नाइट राइडर्स के लिए हालात काफी गंभीर दिख रहे हैं और रहाणे के हाथ में कमान होने से ऐसा लगता है कि टीम का अभियान प्रतिकूल दिशा में जा रहा है।

वेब दुनिया 16 Apr 2026 5:15 pm

मीन राशि में बना चतुर्ग्रही योग: 5 राशियों की चमकेगी किस्मत, मिलेगा बड़ा लाभ

वर्तमान में मंगल, शनि, बुध और चंद्र की मीन राशि में युति बनी है। ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, जब एक ही राशि में चार ग्रहों का मिलन होता है, तो उसे 'चतुर्ग्रही योग' कहा जाता है। अप्रैल 2026 में मीन राशि में ग्रहों की यह विशेष स्थिति बनने जा रही है, जो ब्रह्मांडीय ऊर्जा में बड़ा बदलाव लाएगी। मीन राशि जल तत्व की और गुरु की राशि है, इसलिए यहाँ ग्रहों का जमावड़ा आध्यात्मिक और आर्थिक प्रगति के द्वार खोलता है। यहाँ उन 5 भाग्यशाली राशियों के बारे में बताया गया है, जिनके लिए यह योग 'वरदान' साबित होने वाला है। 1. वृषभ राशि (Taurus) वृषभ राशि वालों के लिए यह योग आय के भाव में बनेगा। लाभ: आपकी आमदनी के नए स्रोत खुलेंगे। यदि कोई पुराना निवेश अटका हुआ था, तो वह इस समय मोटा मुनाफा दे सकता है। विशेष: सामाजिक प्रतिष्ठा में वृद्धि होगी और बड़े भाई-बहनों का सहयोग मिलेगा। 2. मिथुन राशि (Gemini) मिथुन राशि के जातकों के लिए यह योग करियर और कर्म के क्षेत्र में बड़ी सफलता लेकर आएगा। लाभ: जो लोग नौकरी की तलाश में हैं या स्विच करना चाहते हैं, उनके लिए यह समय सुनहरा है। कार्यस्थल पर आपके काम की सराहना होगी और पदोन्नति (Promotion) के योग बनेंगे। विशेष: व्यापार में कोई बड़ी डील फाइनल हो सकती है। 3. कर्क राशि (Cancer) यह योग आपके भाग्य स्थान (नौवें भाव) में बन रहा है, जिससे 'किस्मत का पहिया' आपके पक्ष में घूमेगा। लाभ: लंबी दूरी की यात्राएं फलदायी रहेंगी। धार्मिक कार्यों में रुचि बढ़ेगी। छात्रों के लिए उच्च शिक्षा के रास्ते आसान होंगे। विशेष: पिता या गुरु के सहयोग से कोई बड़ा काम सिद्ध होगा। 4. वृश्चिक राशि (Scorpio) वृश्चिक राशि वालों के लिए यह समय रचनात्मकता और संतान पक्ष से सुखद समाचार लेकर आएगा। लाभ: प्रेम संबंधों में मजबूती आएगी। जो लोग कला, लेखन या डिजाइनिंग के क्षेत्र में हैं, उन्हें बड़ी पहचान मिलेगी। विशेष: अचानक धन लाभ (जैसे शेयर मार्केट या लॉटरी) की संभावना बढ़ जाएगी। 5. मीन राशि (Pisces) चूंकि यह योग आपकी अपनी ही राशि (लग्न) में बन रहा है, इसलिए सबसे सकारात्मक बदलाव आपके व्यक्तित्व में दिखेगा। लाभ: आपका आत्मविश्वास सातवें आसमान पर होगा। पुरानी बीमारियों से छुटकारा मिल सकता है और मानसिक शांति का अनुभव होगा। विशेष: वैवाहिक जीवन में मधुरता आएगी और साझेदारी के कामों में लाभ होगा। शुभ फल बढ़ाने के उपाय: इस चतुर्ग्रही योग का अधिकतम लाभ उठाने के लिए: प्रतिदिन विष्णु सहस्रनाम का पाठ करें। माथे पर केसर या हल्दी का तिलक लगाएं। गुरुवार के दिन चने की दाल या पीले फलों का दान करें।

वेब दुनिया 16 Apr 2026 5:13 pm

दिशा पाटनी ने ट्रैकसूट में दिखाया बोल्ड अवतार, क्रॉप हुडी में फ्लॉन्ट किए टोन्ड एब्स

बॉलीवुड की ग्लैमर गर्ल दिशा पाटनी अपनी हॉट एंड ग्लैमरस तस्वीरों से इंटरनेट पर तहलका मचाती रहती हैं। हाल ही में उन्होंने कुछ ऐसी हॉट तस्वीरें शेयर की हैं, जिन्होंने इंटरनेट का तापमान बढ़ा दिया है। इन तस्वीरों में दिशा ने न केवल अपना बोल्ड और सेक्सी अंदाज़ दिखाया है, बल्कि 2000 के दशक के लोकप्रिय यो2के फैशन को भी एक नए, फ्रेश अवतार में पेश किया है। दिशा पाटनी 'जूसी कॉट्योर' ब्रांड का एक ब्लैक वेल्लोर ट्रैकसूट पहने नज़र आ रही हैं। इस आउटफिट में उन्होंने एक क्रॉप की गई ज़िपर हुडी पहनी है, जिस पर क्रिस्टल से सजे J लोगो और Juicy शब्द लिखे हैं। हुडी के नीचे से दिशा की टोन्ड एब्स और वेस्ट साफ़ नज़र आ रही है, जिसे उन्होंने वेली चेन्स की कई लेयर्स के साथ और भी आकर्षक बनाया है। इसके साथ दिशा ने बेल बॉटम स्टाइल का फ्लैड पैंट पहना हैं, जिन पर पीछे की तरफ क्रिस्टल से सजे Juicy शब्द लिखे हुए हैं। तस्वीरों में दिशा एक से बढ़कर एक अंदाज में पोज देती नजर आ रही हैं। वह अपना क्लीवेज फ्लॉन्ट करती नजर आ रही हैं। दिशा ने मिनिमल मेकअप, न्यूड लिपस्टिक और खुले कर्ली बालो के साथ अपना लुक कम्प्लीट किया है। वेली चेन्स और स्टैक्ड ब्रेसलेट्स ने इस लुक में एक एक्स्ट्रा ग्लैमर जोड़ दिया है। दिशा पाटनी का यह नया लुक उनके फैंस के लिए किसी विज़ुअल ट्रीट से कम नहीं है। तस्वीरों पर कमेंट कर फैंस उनकी जमकर तारीफ कर रहे हैं।

वेब दुनिया 16 Apr 2026 4:51 pm

Akshaya Tritiya Special: चंद्रमा का वृषभ राशि में महागोचर: अक्षय तृतीया पर इन 3 राशियों की खुलने वाली है किस्मत की लॉटरी!

Moon in Taurus: सोमवार को अक्षय तृतीया पर चंद्रमा का वृषभ राशि (Taurus) में महागोचर होने जा रहा है। चंद्रमा जब वृषभ राशि में प्रवेश करता है, तो यह स्थिरता, संपत्ति, भावनात्मक संतुलन और मन की शांति का संकेत देता है। वृषभ राशि में चंद्रमा आर्थिक अवसर और मानसिक स्थिरता को बढ़ाता है। ज्योतिषीय दृष्टि से इस दिन चंद्रमा अपनी उच्च राशि वृषभ में गोचर करेंगे, जहां पहले से ही शुक्र की स्थिति होने से 'मालव्य' और 'गजकेसरी' जैसे शुभ योगों का प्रभाव देखने को मिलेगा। ALSO READ: Akshaya Tritiya Remedies; अक्षय तृतीया: धन वर्षा के 7 दिव्य उपाय ज्योतिष गणना के अनुसार, चंद्रमा का यह महागोचर 3 विशेष राशियों के लिए 'किस्मत की लॉटरी' खुलने जैसा साबित होगा। आइए जानते हैं वे भाग्यशाली राशियां कौन सी हैं: 1. वृषभ राशि (Taurus): स्वर्ण युग की शुरुआत चंद्रमा आपकी ही राशि (लग्न भाव) में गोचर कर रहे हैं, जो आपके व्यक्तित्व में गजब का आकर्षण और आत्मविश्वास पैदा करेगा। लॉटरी जैसा लाभ : यदि आप लंबे समय से किसी बड़े निवेश या व्यापारिक सौदे का इंतजार कर रहे थे, तो अक्षय तृतीया पर वह फाइनल हो जाएगा। करियर: उच्च अधिकारियों का सहयोग मिलेगा और आपकी पदोन्नति के रास्ते खुलेंगे। धन: भूमि-भवन या सोने में किया गया निवेश भविष्य में छप्पर फाड़ रिटर्न देगा। 2. सिंह राशि (Leo): करियर में ऊंची उड़ान चंद्रमा आपके दसवें भाव (कर्म भाव) में गोचर करेंगे, जिससे आपके करियर और सामाजिक मान-प्रतिष्ठा में जबरदस्त उछाल आएगा। लॉटरी जैसा लाभ: बेरोजगारों को मनचाही नौकरी और नौकरीपेशा लोगों को बड़ी जिम्मेदारी मिल सकती है। अचानक पैतृक संपत्ति से धन लाभ के प्रबल योग हैं। लव: पार्टनर के साथ आपके संबंध मजबूत होंगे और परिवार में मांगलिक कार्य की रूपरेखा बनेगी। उपाय: अक्षय तृतीया पर किसी जरूरतमंद को तांबे का पात्र दान करें। ALSO READ: Akshaya Tritiya शॉपिंग गाइड: आखा तीज 2026: बजट कम है? 500 से भी शुरू कर सकते हैं सोने में निवेश, जानें कैसे? 3. वृश्चिक राशि (Scorpio): व्यापार में बंपर मुनाफा चंद्रमा आपके सातवें भाव अर्थात् साझेदारी और विवाह में उच्च के होकर गोचर करेंगे। यह गोचर आपके जीवन में स्थिरता और आर्थिक मजबूती लेकर आएगा। लॉटरी जैसा लाभ: पार्टनरशिप में चल रहे व्यापार में उम्मीद से कहीं अधिक मुनाफा होगा। शेयर मार्केट या पुरानी पॉलिसी से अचानक धन मिलने के योग हैं। स्वास्थ्य: पुरानी किसी बीमारी से छुटकारा मिलेगा और आप मानसिक रूप से काफी हल्का महसूस करेंगे। उपाय: इस दिन भगवान विष्णु को पीले फूल और केसर की खीर का भोग लगाएं। अन्य राशियों के लिए छोटा सुझाव: भले ही ये 3 राशियां सबसे अधिक लाभ में हैं, लेकिन अक्षय तृतीया का दिन मेष, मिथुन और धनु राशि वालों के लिए भी निवेश और दान-पुण्य के लिए अत्यंत श्रेष्ठ रहेगा। अक्षय फल के लिए विशेष टिप: इस महागोचर के दौरान यदि आप जौ (Barley) खरीदकर उसे भगवान विष्णु के चरणों में अर्पित करते हैं, तो आपकी आर्थिक स्थिति पूरे वर्ष 'अक्षय' (कभी न घटने वाली) बनी रहेगी। अस्वीकरण (Disclaimer) : चिकित्सा, स्वास्थ्य संबंधी नुस्खे, योग, धर्म, ज्योतिष, इतिहास, पुराण आदि विषयों पर वेबदुनिया में प्रकाशित/प्रसारित वीडियो, आलेख एवं समाचार सिर्फ आपकी जानकारी के लिए हैं, जो विभिन्न सोर्स से लिए जाते हैं। इनसे संबंधित सत्यता की पुष्टि वेबदुनिया नहीं करता है। सेहत या ज्योतिष संबंधी किसी भी प्रयोग से पहले विशेषज्ञ की सलाह जरूर लें। इस कंटेंट को जनरुचि को ध्यान में रखकर यहां प्रस्तुत किया गया है जिसका कोई भी वैज्ञानिक प्रमाण नहीं है। ALSO READ: अक्षय तृतीया 2026: व्रत, पूजा मुहूर्त, पूजन विधि, कथा, आरती और इस दिन का खास महत्व जानें

वेब दुनिया 16 Apr 2026 4:48 pm

TIME की 100 प्रभावशाली हस्तियों की लिस्ट में शामिल हुए रणबीर कपूर, पत्नी आलिया भट्ट ने लुटाया प्यार

बॉलीवुड एक्टर रणबीर कपूर के लिए साल 2026 खुशियों की नई सौगात लेकर आया है। दुनिया की प्रतिष्ठित 'टाइम मैगजीन' ने साल 2026 के लिए दुनिया के 100 सबसे प्रभावशाली व्यक्तियों की अपनी वार्षिक लिस्ट जारी की है। इस लिस्ट में रणबीर कपूर इकलौते भारतीय अभिनेता के रूप में अपनी जगह बनाने में कामयाब रहे हैं। इस उपलब्धि के बाद सोशल मीडिया पर रणबीर कपूर के फैंस और इंडस्ट्री के सहयोगियों की ओर से बधाइयों का तांता लग गया है। रणबीर की इस ग्लोबल सफलता पर उनकी पत्नी और नेशनल अवार्ड विनर एक्ट्रेस आलिया भट्ट अपनी खुशी जाहीर की है। आलिया ने अपनी इंस्टाग्राम स्टोरी पर टाइम मैगजीन का वह स्क्रीनशॉट साझा किया जिसमें रणबीर को जगह मिली है। उन्होंने इसे री-शेयर करते हुए लिखा, 'Looking good baby' और साथ में एक आइसक्रीम इमोजी भी लगाया। आलिया का यह अंदाज उनके फैंस को खूब पसंद आ रहा है, जहां वह एक बार फिर अपने पति की सबसे बड़ी चीयरलीडर के रूप में नजर आई हैं। टाइम मैगजीन के लिए रणबीर कपूर का प्रोफाइल बॉलीवुड स्टार आयुष्मान खुराना ने लिखा है। आयुष्मान ने रणबीर की कलाकारी की सराहना करते हुए उन्हें 'विरासत' बनाने वाला कलाकार बताया। टाइम 100 की इस सूची में रणबीर कपूर के साथ दुनिया के कई ताकतवर नेता और हस्तियां शामिल हैं। इनमें अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप, चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग, इजरायली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू और अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो का नाम शामिल है। भारतीय हस्तियों में रणबीर के अलावा मशहूर शेफ विकास खन्ना और गूगल के सीईओ सुंदर पिचाई ने भी इस सूची में अपनी जगह बनाई है।

वेब दुनिया 16 Apr 2026 3:19 pm

पैट कमिंस को अपना आदर्श मानते हैं युवा सनराईजर्स गेंदबाज प्रफ़ुल हिंगे

राजस्थान रॉयल्स (आरआर) के ख़िलाफ़ आईपीएल 2026 में डेब्यू करते हुए विदर्भ के दाएं हाथ के तेज़ गेंदबाज़ प्रफ़ुल हिंगे ने सनराइज़र्स हैदराबाद (एसआरएच) को धमाकेदार शुरुआत दिलाते हुए अपने पहले ही ओवर में तीन विकेट निकाल लिए। उन्होंने वैभव सूर्यवंशी के अलावा ध्रुव जुरेल और लुआन-ड्रे प्रीटोरियस को पवेलियन चलता कर दिया। सीनियर स्तर पर 24 वर्षीय हिंगे का यह केवल दूसरा टी20 मैच था और उन्होंने ओवर की दूसरी ही गेंद पर सूर्यवंशी को चलता कर दिया। इसी ओवर में उन्होंने दो और विकेट निकाले और आईपीएल इतिहास में पारी के पहले ओवर में तीन विकेट लेने वाले पहले गेंदबाज भी बन गए। इसके बाद हर कोई यह पूछने लगा: यह प्रफ़ुल हिंगे कौन है? हिंगे ने अक्टूबर 2024 में विदर्भ के लिए प्रथम श्रेणी डेब्यू किया था और पिछले रणजी ट्रॉफ़ी सीजन में उन्होंने 11 पारियों में 26.37 की औसत से 16 विकेट हासिल किए थे। इस मुक़ाबले से पहले उन्होंने एकमात्र टी20 दिसंबर 2025 में सैयद मुश्ताक़ अली ट्रॉफ़ी में खेला था जिसमें उन्होंने 23 रन देकर एक विकेट हासिल किया था। उन्होंने पिछले साल विदर्भ प्रो टी20 लीग में नेको मास्टर ब्लास्टर्स के ख़िताबी सीज़न में अहम भूमिका अदा की थी। हिंगे एक घातक तेज गेंदबाज़ साबित हो सकते हैं और वह अपने कद का अच्छा इस्तेमाल करते हैं। उन्होंने 12 वर्ष की उम्र में क्रिकेट खेलना शुरू किया था। वह एसआरएच के अपने नियमित कप्तान पैट कमिंस को अपना आदर्श मानते हैं और उनके साथ ड्रेसिंग रूम शेयर करना चाहते हैं। हिंगे विदर्भ के अपने सीनियर साथी तेज गेंदबाज़ उमेश यादव को भी अपनी प्रेरणा मानते हैं जिनके साथ उन्होंने अपने टी20 डेब्यू पर गेंदबाज़ी की शुरुआत की थी। हिंगे ने कुल मिलाकर 10 प्रथम श्रेणी मुक़ाबले खेले हैं और 27 विकेट हासिल किए हैं। उन्होंने छह लिस्ट ए मुक़ाबले खेलते हुए पांच विकेट हासिल किए हैं।

वेब दुनिया 16 Apr 2026 2:56 pm

Vaishakh amavasya 2026: वैशाख अमावस्या पर क्या करें-क्या न करें: 17 अप्रैल को इन शुभ मुहूर्तों में करें पूजा, दूर होंगे सारे कष्ट

वैशाख अमावस्या पर पितृ दोष से मुक्ति और सुख-समृद्धि के लिए ब्रह्म मुहूर्त और अभिजित मुहूर्त का विशेष महत्व है। जानें 17 अप्रैल 2026 के शुभ मुहूर्त और क्या करें-क्या न करें। वैशाख मास का महत्व: हिंदू धर्म में वैशाख मास की अमावस्या का विशेष महत्व है। इसे 'सत्तू अमावस्या' के नाम से भी जाना जाता है। साल 2026 में वैशाख अमावस्या 17 अप्रैल को मनाई जाएगी। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, इस दिन पवित्र नदियों में स्नान और दान करने से न केवल पितृ प्रसन्न होते हैं, बल्कि जीवन के बड़े से बड़े कष्ट भी दूर हो जाते हैं।यदि आप भी अपनी सोई हुई किस्मत को जगाना चाहते हैं, तो 17 अप्रैल की सुबह कुछ विशेष कार्यों को करना न भूलें। आइए जानते हैं इस दिन के शुभ मुहूर्त और सावधानियां। 17 अप्रैल 2026: शुभ मुहूर्त (Auspicious Timings) ब्रह्म मुहूर्त: सुबह 04:25 से 05:09 तक। स्नान, ध्यान और मंत्र जप के लिए सर्वश्रेष्ठ। अभिजीत मुहूर्त: दोपहर 11:55 से 12:47 तक। किसी भी शुभ कार्य की शुरुआत के लिए उत्तम। वैशाख अमावस्या: क्या करें? 1. ब्रह्म मुहूर्त में स्नान: संभव हो तो गंगा या किसी पवित्र नदी में स्नान करें। यदि घर पर हैं, तो पानी में थोड़ा गंगाजल मिलाकर नहाएं। 2. पितृ तर्पण: अमावस्या पितरों की तिथि है। सुबह स्नान के बाद दक्षिण दिशा की ओर मुख करके पितरों को जल अर्पित (तर्पण) करें। इससे पितृ दोष से मुक्ति मिलती है। 3. पीपल की पूजा: इस दिन पीपल के पेड़ में जल चढ़ाएं और सरसों के तेल का दीपक जलाएं। पीपल में त्रिदेवों का वास माना जाता है। 4. दान का महत्व: वैशाख का महीना गर्मी का होता है। इसलिए इस दिन जल पात्र (कलश), सत्तू, पंखा, और मौसमी फलों का दान करना 'अश्वमेध यज्ञ' के समान पुण्य देता है। 5. चींटियों को भोजन: आर्थिक उन्नति के लिए सूखे आटे में चीनी मिलाकर चींटियों को खिलाएं। भूलकर भी न करें ये काम: 1. देर तक न सोएं: अमावस्या की सुबह सूर्योदय से पहले उठना अनिवार्य है। देर तक सोने से शरीर में नकारात्मक ऊर्जा बढ़ती है। 2. तामसिक भोजन से परहेज: इस दिन मांस, मदिरा, लहसुन और प्याज का सेवन बिल्कुल न करें। सात्विक भोजन ही ग्रहण करें। 3. वाद-विवाद से बचें: घर में कलह या किसी का अपमान न करें। विशेषकर बुजुर्गों और महिलाओं का सम्मान करें, अन्यथा पितृ रुष्ट हो सकते हैं। 4. सुनसान जगहों पर न जाएं: माना जाता है कि अमावस्या की रात नकारात्मक शक्तियां सक्रिय होती हैं, इसलिए रात के समय श्मशान या सुनसान रास्तों पर जाने से बचें। 5. ब्रह्मचर्य का पालन: इस पवित्र तिथि पर संयम रखें और ब्रह्मचर्य का पालन करें। ब्रह्म मुहूर्त में क्यों है पूजा का महत्व? वैज्ञानिक और आध्यात्मिक दोनों दृष्टिकोणों से ब्रह्म मुहूर्त में वातावरण सबसे शुद्ध होता है। वैशाख अमावस्या पर यदि आप प्रात: 4:30 के आसपास उठकर 'ॐ पितृभ्य: नम:' या 'ॐ अर्यमायै नमः' का जाप करते हैं, तो पितृदोष से मुक्ति एवं मानसिक शांति के साथ-साथ संकल्प शक्ति में वृद्धि होती है। वैशाख अमावस्या 17 अप्रैल 2026 को दान और अध्यात्म का संगम है। यदि आप विधि-विधान से पितरों का स्मरण करते हैं और शुभ मुहूर्त का लाभ उठाते हैं, तो आपके घर में सुख-शांति और समृद्धि का वास होगा।

वेब दुनिया 16 Apr 2026 2:39 pm

क्या सलमान खान की 'मातृभूमि' सिनेमाघरों के बजाए होगी OTT पर रिलीज?

बॉलीवुड सुपरस्टार सलमान खान बीते काफी समय से अपनी अपकमिंग फिल्म 'मातृभूमि: मे वॉर रेस्ट इन पीस' को लेकर सुर्खियों में हैं। पहले इस फिल्म का नाम 'बैटल ऑफ गलवान' था, जिसे बाद में बदल दिया गया। वहीं फिल्म की रिलीज डेट पर काफी समय से संशय है। हाल ही में 'मातृभूमि' को रक्षा मंत्रालय ने देखा था। जिसके बाद रक्षा मंत्रालय के अनुरोध पर फिल्म में चीन का जिक्र हटाने के बाद इसमें बड़े बदलाव किए गए। बदलाव के बाद रक्षा मंत्रालय, आर्मी और सेंसर बोर्ड में से किसी ने भी फिल्म को अभी तक नहीं देखा है। इसके बाद से अटकलें लगाई जा रही थीं कि सेंसरशिप और 'संवेदनशील' कंटेंट के कारण यह फिल्म सीधे ओटीटी प्लेटफॉर्म पर रिलीज हो सकती है। हालांकि, अब फिल्म से जुड़े करीबी सूत्रों ने इन तमाम दावों को खारिज करते हुए साफ कर दिया है कि सलमान खान अपनी इस 'मग्नम ओपस' को केवल बड़े पर्दे पर ही लाने की तैयारी में हैं। हिंदुस्तान टाइम्स की रिपोर्ट के अनुसार सलमान खान एक मेगास्टार हैं और उन्होंने 'मातृभूमि' को बहुत बड़े स्तर पर बनाया है। यह पूरी तरह से एक बड़े पर्दे की फिल्म है, और सलमान और निर्देशक अपूर्व लाखिया इसे सिनेमाघरों में ही रिलीज करने के लिए प्रतिबद्ध हैं। इंडस्ट्री में एक आम धारणा है कि OTT प्लेटफॉर्म पर सेंसरशिप नहीं होती, इसलिए विवादित फिल्मों को वहां आसानी से रिलीज किया जा सकता है। लेकिन मौजूदा नियमों के अनुसार, किसी भी फिल्म को सीधे स्ट्रीमिंग प्लेटफॉर्म पर रिलीज करने के लिए भी सरकारी क्लीयरेंस और सर्टिफिकेशन की आवश्यकता होती है। बता दें कि इस फिल्म का सफर काफी उतार-चढ़ाव भरा रहा है। मार्च 2026 तक इस फिल्म का नाम 'बैटल ऑफ गलवान' था और यह 2020 में भारत-चीन सेना के बीच हुई हिंसक झड़प पर आधारित थी। दिसंबर में जारी हुए टीजर में सलमान खान को चीनी सैनिकों के साथ संघर्ष करते दिखाया गया था, जिस पर चीनी सरकारी मीडिया ने आपत्ति जताई थी। रक्षा मंत्रालय के सुझावों और अंतरराष्ट्रीय कूटनीति को ध्यान में रखते हुए, मेकर्स ने फिल्म में बड़े बदलाव किए। फिल्म का शीर्षक बदलकर अब 'मातृभूमि' कर दिया गया है। फिल्म से 'चीन' और 'गलवान घाटी' के सीधे संदर्भ हटा दिए गए हैं। खबरों के अनुसार फिल्म का लगभग 40% हिस्सा दोबारा शूट किया गया है। इसमें काल्पनिक कहानियों, रोमांस और पारिवारिक भावनाओं पर अधिक जोर दिया गया है। फिल्म में सलमान खान एक आर्मी कर्नल की भूमिका निभा रहे हैं। उनके साथ चित्रांगदा सिंह मुख्य भूमिका में नजर आएंगी। फिल्म की कहानी युद्ध के मैदान तक सीमित नहीं है, बल्कि यह एक सैनिक के त्याग, उसके परिवार की भावनाओं और अटूट साहस की एक भावनात्मक यात्रा पर आधारित है।

वेब दुनिया 16 Apr 2026 1:09 pm

Akshaya Tritiya शॉपिंग गाइड: आखा तीज 2026: बजट कम है? 500 से भी शुरू कर सकते हैं सोने में निवेश, जानें कैसे?

Akha Teej 2026 gold investment: अक्षय तृतीया या आखा तीज 2026 आने ही वाला है और यह दिन केवल त्योहार ही नहीं, बल्कि सुनहरा निवेश का अवसर भी है। पारंपरिक रूप से, सोने को शुभ और लाभकारी माना जाता है। लेकिन बहुत से लोग सोचते हैं कि सोने में निवेश करने के लिए बड़ी रकम चाहिए। ALSO READ: अक्षय तृतीया पर बिना पंचांग देखे करें शुभ काम! जानें पूजा विधि, घर लाएं अटूट संपन्नता सच्चाई यह है कि अब 500 रुपए जैसी छोटी रकम से भी सोने में निवेश करना संभव है। आधुनिक डिजिटल प्लेटफॉर्म और गोल्ड कॉइन, गोल्ड ETF जैसी सुविधाओं की वजह से कोई भी व्यक्ति अपने बजट के अनुसार निवेश शुरू कर सकता है। 1. डिजिटल गोल्ड (Digital Gold) 2. मिनी गोल्ड कॉइन (Mini Gold Coins) 3. गोल्ड ETF (Exchange Traded Fund) 4. गोल्ड म्यूचुअल फंड्स: 500 की SIP 5. सरकारी बॉन्ड या सोने के बचत स्कीम 6. टिप्स: कम बजट में सोने में निवेश करते समय इस लेख में हम जानेंगे कि अक्षय तृतीया 2026 पर कम बजट में सोने में कैसे निवेश करें, कौन से ऑप्शन सुरक्षित हैं और किन बातों का ध्यान रखना जरूरी है। आखा तीज/ अक्षय तृतीया 2026: 500 रुपए से सोने में निवेश के विकल्प 1. डिजिटल गोल्ड (Digital Gold) * बहुत से प्लेटफॉर्म जैसे Paytm, PhonePe, Google Pay Gold, आदि पर 1 ग्राम या उससे कम सोने में निवेश संभव है। * आप 500 रुपए या उससे कम में गोल्ड यूनिट खरीद सकते हैं। * लाभ: भौतिक सोने की चिंता नहीं, सुरक्षित और आसानी से बेच सकते हैं। 2. मिनी गोल्ड कॉइन (Mini Gold Coins) * सोने की छोटी कॉइनें बाजार में उपलब्ध हैं, जिसमें आप छोटा-छोटा या 12 महीनों के लिए 500 या 1000 रुपए से निवेश सकते हैं। * कई ज्वैलर्स और बैंक 0.5 ग्राम या 1 ग्राम के सोने के सिक्के बेचते हैं। इस निवेश से आप छोटी गोल्ड कॉइन खरीद सकते हैं। * लाभ: त्योहारों पर पूजा और निवेश दोनों के लिए उपयुक्त। 3. गोल्ड ETF (Exchange Traded Fund) * स्टॉक मार्केट के जरिए सोने में निवेश करने का तरीका। * बहुत से ब्रोकरेज प्लेटफॉर्म पर 500 रुपए से भी निवेश शुरू किया जा सकता है। * लाभ: कम खर्च, सुरक्षित, और आसानी से ट्रेड कर सकते हैं। ALSO READ: Akshaya Tritiya 2026: अक्षय तृतीया पर सोना नहीं खरीद पा रहे? इन 5 चीजों में से 1 जरूर खरीदें, मिलेगा शुभ फल 4. गोल्ड म्यूचुअल फंड्स: 500 की SIP * अगर आप हर महीने बचत करना चाहते हैं, तो गोल्ड म्यूचुअल फंड्स बेहतरीन हैं। * कैसे करें: आप 500 की मंथली SIP शुरू कर सकते हैं। * फायदा: इसके लिए किसी डीमैट अकाउंट की जरूरत नहीं होती। यह फंड गोल्ड ETFs में निवेश करता है, जिससे आपको सोने की कीमतों का लाभ मिलता है। 5. सरकारी बॉन्ड या सोने के बचत स्कीम * भारत सरकार की गोल्ड बॉन्ड स्कीम में छोटी रकम से निवेश संभव है। * ब्याज भी मिलता है और सोने का मूल्य बढ़ने पर लाभ भी। 6. टिप्स: कम बजट में सोने में निवेश करते समय 1. हमेशा प्रामाणिक प्लेटफॉर्म या विक्रेता से खरीदें। 2. डिजिटल गोल्ड और ETF के लिए सुनिश्चित करें कि यह SEBI या RBI से मान्यता प्राप्त हो। 3. बजट छोटे होने पर भी नियमित निवेश करें, इससे लंबी अवधि में अच्छा रिटर्न मिलता है। 4. त्योहार और शुभ दिन जैसे आखा तीज या अक्षय तृतीया पर खरीदारी करने से शुभता भी बढ़ती है। अस्वीकरण (Disclaimer) : चिकित्सा, स्वास्थ्य संबंधी नुस्खे, योग, धर्म, ज्योतिष, इतिहास, पुराण आदि विषयों पर वेबदुनिया में प्रकाशित/प्रसारित वीडियो, आलेख एवं समाचार सिर्फ आपकी जानकारी के लिए हैं, जो विभिन्न सोर्स से लिए जाते हैं। इनसे संबंधित सत्यता की पुष्टि वेबदुनिया नहीं करता है। सेहत या ज्योतिष संबंधी किसी भी प्रयोग से पहले विशेषज्ञ की सलाह जरूर लें। इस कंटेंट को जनरुचि को ध्यान में रखकर यहां प्रस्तुत किया गया है जिसका कोई भी वैज्ञानिक प्रमाण नहीं है। ALSO READ: Akshaya Tritiya Remedies; अक्षय तृतीया: धन वर्षा के 7 दिव्य उपाय

वेब दुनिया 16 Apr 2026 12:51 pm

टाइम मैगजीन के 100 सबसे प्रभावशाली लोगों में शामिल हुए रणबीर कपूर, लिस्ट में शामिल होने वाले एकमात्र भारतीय एक्टर

बॉलीवुड के 'चॉकलेट बॉय' से 'एनिमल' के 'अल्फा मैन' तक का सफर तय करने वाले रणबीर कपूर को दुनिया की सबसे प्रतिष्ठित पत्रिकाओं में से एक TIME Magazine ने साल 2026 के '100 सबसे प्रभावशाली लोगों' की लिस्ट में शामिल किया है। रणबीर कपूर के लिए यह उपलब्धि इसलिए भी खास है क्योंकि इस साल की लिस्ट में वह बॉलीवुड के एकमात्र एक्टर हैं। उनके साथ इस लिस्ट में गूगल के सीईओ सुंदर पिचाई और मशहूर शेफ विकास खन्ना जैसे दिग्गज भारतीयों के नाम भी शामिल हैं, जो वैश्विक पटल पर भारत की बढ़ती शक्ति को दर्शाते हैं। लिस्ट में अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप, इजरायली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू, चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग, न्यूयॉर्क के मेयर जोहरान ममदानी समेत अन्य लोग शामिल हैं। इसके अलावा अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रूबियो, कनाडाई प्रधानमंत्री मार्क कार्नी, मैक्सिकन राष्ट्रपति क्लाउडिया शीनबॉम, जापान की पहली महिला पीएम सनाए ताकाइची का नाम भी शामिल है। आयुष्मान खुराना ने लिखा रणबीर के लिए विशेष नोट इस खास अवसर पर, नेशनल अवॉर्ड विनर अभिनेता आयुष्मान खुराना ने TIME मैगज़ीन के लिए रणबीर कपूर पर एक विशेष ट्रिब्यूट लिखा। आयुष्मान ने रणबीर की तारीफ करते हुए लिखा, सिनेमा जगत में कुछ कलाकार विरासत का पीछा करते हैं, लेकिन रणबीर कपूर जैसे कलाकार अपनी कला के दम पर खुद एक विरासत बन जाते हैं। आयुष्मान ने आगे बताया कि जहां आज के दौर में सफलता को केवल बॉक्स ऑफिस कलेक्शन और शोर-शराबे से नापा जाता है, वहीं रणबीर अपने किरदारों में गहराई और 'मौन' का इस्तेमाल कर दर्शकों के दिलों को छूते हैं। उनके अनुसार, रणबीर उस आधुनिक भारत का प्रतिनिधित्व करते हैं जो अपनी संवेदनशीलताओं को समझना और व्यक्त करना सीख रहा है। रणबीर की इस उपलब्धि के पीछे उनकी पिछली ब्लॉकबस्टर फिल्म 'एनिमल' का बड़ा हाथ माना जा रहा है। हालांकि यह फिल्म विवादों में भी रही, लेकिन रणबीर के अभिनय की क्षमता ने वैश्विक समीक्षकों को यह मानने पर मजबूर कर दिया कि वह एक बहुमुखी कलाकार हैं। वर्क फ्रंट की बात करें तो रणबीर कपूर जल्द ही नितेश तिवारी की 'रामायण' में भगवान राम की भूमिका निभाते नजर आएंगे। हाल ही में इस फिल्म से उनका लुक सामने आया है। इसके अलावा, वह संजय लीला भंसाली की फिल्म 'लव एंड वॉर' में आलिया भट्ट और विक्की कौशल के साथ स्क्रीन शेयर करेंगे।

वेब दुनिया 16 Apr 2026 11:18 am

क्या करोड़ों में होती है सेलिब्रिटी बॉडीगार्ड्स की सैलरी? शाहरुख खान के एक्स बॉडीगार्ड ने खोला राज

बॉलीवुड की चकाचौंध भरी दुनिया में सितारों के साथ साये की तरह रहने वाले बॉडीगार्ड्स हमेशा चर्चा का विषय रहते हैं। अक्सर इंटरनेट पर ऐसी खबरें वायरल होती हैं कि शाहरुख खान के बॉडीगार्ड रवि सिंह या सलमान खान के बॉडीगार्ड शेरा की सालाना कमाई किसी बड़ी कंपनी के CEO के बराबर है। दावा किया जाता है कि सुपरस्टार्स के बॉडीगॉर्डस को साल के 2 से 3 करोड़ रुपये मिलते हैं। लेकिन अब शाहरुख खान के पूर्व बॉडीगार्ड यासीन खान ने इन दावों का सच बताया है। उन्होंने बड़ी सैलरी के दावों को फर्जी बताया है। यासीन खान ने स्पष्ट किया कि सेलिब्रिटी बॉडीगार्ड्स की सैलरी को लेकर जो आंकड़े पेश किए जाते हैं, वे काफी बढ़ा-चढ़ाकर बताए जाते हैं। हिंदी रश को दिए इंटरव्यू में यासीन ने कहा, सोशल मीडिया अक्सर गलत संदेश फैलाता है। यह सोचना गलत है कि हर बॉडीगार्ड 2-2.5 करोड़ रुपये सालाना कमाता है। हकीकत में, सुरक्षाकर्मियों को एक निश्चित मासिक वेतन मिलता है। इस फील्ड में जो सबसे अनुभवी लोग हैं, उनकी सैलरी भी महीने की करीब 1 लाख रुपये के आसपास होती है। इंटरनेट पर चलने वाली 10 लाख रुपये प्रति माह वाली खबरें महज अफवाह हैं। A post shared by Hindirush (@hindirush) यासीन ने कहा, अगर कोई बड़े स्टार का बॉडीगार्ड है तो उसकी सैलरी फिक्स होती है। जब भी कोई फिल्म बनती है तो उसके लिए अलग कॉन्टैक्ट बनता है। प्रोड्यूसर फिल्म के हिसाब से उन्हें तय रकम देते हैं। पहले फिल्म इंडस्ट्री में सुरक्षाकर्मियों के लिए नियम काफी कठिन थे। प्रोड्यूसर्स केवल ड्राइवर, मेकअप आर्टिस्ट और स्पॉट बॉय को ही सैलरी देते थे। बॉडीगार्ड्स को फिल्म के काम का अलग से कोई मेहनताना नहीं मिलता था। उन्होंने कहा, जब शाहरुख खान के साथ काम करना शुरू किया तो लगा कि काम तो हम भी कर रहे हैं। हमें सैलरी तो मिल रही थी, लेकिन बस उतनी ही जिससे गुजारा कर सकें। यासीन ने ही इस सिस्टम को बदलने की पहल की। उन्होंने शाहरुख खान और गौरी खान से अनुमति लेकर प्रोड्यूसर्स से बात की कि जब फिल्म की शूटिंग के दौरान बॉडीगार्ड्स अपनी सेवाएं दे रहे हैं, तो उन्हें भी अन्य स्टाफ की तरह कॉन्ट्रैक्ट मिलना चाहिए। उनकी इस कोशिश का नतीजा यह हुआ कि आज बड़े सितारों के बॉडीगार्ड्स को फिल्मों और विज्ञापनों के लिए अलग से एक तय राशि दी जाती है। यासीन ने इस बात पर जोर दिया कि बॉडीगार्ड्स का काम केवल भीड़ को संभालना नहीं, बल्कि अपनी जान जोखिम में डालकर स्टार की सुरक्षा सुनिश्चित करना है। इसके बावजूद, उन्हें वह पहचान नहीं मिलती जिसके वे हकदार हैं। यासीन कहते हैं, हमारा काम तभी चर्चा में आता है जब कोई बड़ी दुर्घटना हो जाए, वरना हम केवल बैकग्राउंड में रहने वाले गुमनाम लोग हैं। यासीन खान ने केवल शाहरुख खान ही नहीं, बल्कि क्रिकेट के दिग्गज सचिन तेंदुलकर और विराट कोहली के साथ भी काम किया है। शाहरुख के साथ एक दशक बिताने के बाद, उन्होंने साल 2015 में अपनी खुद की सिक्योरिटी कंपनी 'YK PROSEC' शुरू की। आज उनकी कंपनी मुंबई में VIP सुरक्षा और बड़े इवेंट्स को मैनेज करने का काम करती है।

वेब दुनिया 16 Apr 2026 10:51 am

Akshaya Tritiya 2026: अक्षय तृतीया पर सोना नहीं खरीद पा रहे? इन 5 चीजों में से 1 जरूर खरीदें, मिलेगा शुभ फल

Akshaya Tritiya 2026: अक्षय तृतीया का महापर्व 19 और 20 अप्रैल को मनाया जाएगा। इस दिन सोना या चांदी खरीदना शुभ माना जाता है। इस दिन बिना पंचांग और मुहूर्त देखे बगैर आप कभी भी खरीदारी कर सकते हैं क्योंकि इस दिन अबूझ मुहूर्त होता है। यानी पूरा दिन ही शुभ होता है। यदि आप सोना या चांदी नहीं खरीद पा रहे हैं तो अन्य 5 शुभ वस्तुओं से कोई भी एक खरीदेंगे तो बहुत ही लाभ और शुभ होगा। अक्षय तृतीया पूजा और खरीदी का शुभ मुहूर्त: अक्षय तृतीया 19 अप्रैल 2026 पूजा और खरीदी का शुभ मुहूर्त: सुबह 10:49 से दोपहर 12:20 तक। अक्षय तृतीया 20 अप्रैल 2026 पूजा और खरीदी का शुभ मुहूर्त: सुबह 11:54 से दोपहर 12:46 तक। 1. मिट्टी का घड़ा: अक्षय तृतीया के दिन मिट्टी का घड़ा खरीदना बेहद शुभ माना जाता है। यह न सिर्फ घर में ठंडक और सकारात्मक ऊर्जा बनाए रखता है, बल्कि मानसिक शांति और स्थिरता का भी प्रतीक है। मान्यता है कि इससे घर में धन की आवक बनी रहती है और आर्थिक स्थिति धीरे-धीरे मजबूत होती है। 2. तांबे या पीतल के बर्तन: अगर सोना खरीदना संभव न हो, तो तांबे या पीतल के बर्तन लेना एक अच्छा विकल्प है। शास्त्रों में इन्हें स्वर्ण के समान फल देने वाला माना गया है। इन धातुओं का संबंध पवित्रता और ऊर्जा से होता है, जिससे देवी-देवताओं, विशेषकर मां दुर्गा की कृपा प्राप्त होती है और घर में सकारात्मकता बढ़ती है। 3. कौड़ियां: कौड़ियां मां लक्ष्मी का प्रतीक मानी जाती हैं। अक्षय तृतीया पर इन्हें खरीदकर पूजा में स्थापित करना और बाद में तिजोरी या धन रखने की जगह पर रखना अत्यंत शुभ होता है। ऐसा करने से धन की कमी नहीं रहती और घर में सुख-समृद्धि का वास होता है। 4. जौ या पीली सरसों: जौ और पीली सरसों को शास्त्रों में सोने-चांदी के समान महत्व दिया गया है। इन्हें अक्षय तृतीया के दिन घर लाने और पूजा में उपयोग करने से बरकत बनी रहती है। यह नकारात्मक ऊर्जा को दूर कर घर में खुशहाली और समृद्धि लाने में सहायक माने जाते हैं। 5. रुई या सेंधा नमक: कम बजट में भी शुभ खरीदारी करनी हो तो रुई या सेंधा नमक एक बेहतरीन विकल्प है। रुई को शांति और स्थिरता का प्रतीक माना जाता है, जबकि सेंधा नमक घर की नकारात्मक ऊर्जा को दूर कर परिवार की सेहत और सुख-शांति बनाए रखने में मदद करता है। नोट: उपरोक्त में से आप यथाशक्ति जो चाहें वह खरीद सकते हैं।

वेब दुनिया 16 Apr 2026 10:42 am

भोपाल में किराना कारोबारी की गोली मारकर हत्या, सीने के आर-पार हुई बुलेट; 10 KM दूर मिला शव

भोपाल, 16 अप्रैल (Daily Hindi News)। मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल में बुधवार शाम एक किराना कारोबारी (Grocery Trader) की गोली मारकर हत्या (Murder Case) कर दी गई। हमलावरों ने सीने में गोली मारी, जो आर-पार निकल गई, जिससे मौके पर ही उसकी मौत हो गई। यह घटना बैरसिया थाना क्षेत्र की है। मृतक की...

डेली हिंदी न्‍यूज़ 16 Apr 2026 10:33 am

ईरान युद्ध के बाद अमेरिकी सेना में दरार? ‘कॉन्शियस ऑब्जेक्टर’ बनने की बढ़ती मांग ने बढ़ाई चिंता

NPR की रिपोर्ट के अनुसार Iran युद्ध के बीच अमेरिकी सेना में असंतोष बढ़ रहा है। Donald Trump की नीतियों, सैनिकों के मनोबल और वैश्विक प्रतिक्रिया का विश्लेषण।

हस्तक्षेप 16 Apr 2026 8:30 am

US Senate में टकराव: Bernie Sanders ने इज़राइल को हथियार भेजने के खिलाफ छेड़ी लड़ाई

अमेरिका की राजनीति में एक बड़ा मोड़ तब आया जब सीनेटर Bernie Sanders ने सीनेट में इज़राइल को हथियार भेजने के खिलाफ ‘Joint Resolutions of Disapproval’ लाने का फैसला किया

हस्तक्षेप 16 Apr 2026 8:29 am

ईरान युद्ध के दबाव को लेकर माफिया बॉस जैसी चालें: UK के सांसद एड डेवी ने डोनाल्ड ट्रंप पर साधा निशाना

UK की संसद में एक तीखा राजनीतिक टकराव सामने आया है, क्योंकि सांसद एड डेवी ने ईरान संघर्ष से जुड़ी कथित धमकियों को लेकर डोनाल्ड ट्रंप की कड़ी आलोचना की है।

हस्तक्षेप 16 Apr 2026 7:57 am

Aaj Ka Rashifal: आज का दैनिक राशिफल: मेष से मीन तक 12 राशियों का राशिफल (16 अप्रैल, 2026)

मेष (Aries) Today Horoscope Rashifal 16 April 2026 : करियर: कार्यक्षेत्र में नई जिम्मेदारी मिल सकती है। लव: प्रेम संबंधों में मिठास बढ़ेगी। धन: आज अनावश्यक खर्च से बचें। स्वास्थ्य: सिरदर्द या थकान हो सकती है उपाय: बजरंगबली को गुड़-चना अर्पित करें। ALSO READ: Satuvai Amavasya 2026: सतुवाई अमावस्या 2026 कब है, जानें मुहूर्त, महत्व और पूजा विधि वृषभ (Taurus) करियर: आपकी नौकरी में स्थिरता रहेगी। लव: प्रेमीसंग रिश्तों में भावनात्मक जुड़ाव बढ़ेगा। धन: व्यापार से धन लाभ के योग बन रहे हैं। स्वास्थ्य: स्वास्थ्य अच्छा रहेगा। उपाय: शिवलिंग पर जल अर्पित करें। मिथुन (Gemini) करियर: कारोबार में नई योजनाओं पर काम शुरू कर सकते हैं। लव: प्रेम जीवन में गलतफहमियां दूर होंगी। धन: निवेश सोच-समझकर करें। स्वास्थ्य: सर्दी से जुड़ी समस्या हो सकती है। उपाय: गणेश जी को दूर्वा अर्पित करें। कर्क (Cancer) करियर: कार्यक्षेत्र में अधिक काम करना पड़ सकता है। लव: प्रेम और पारिवारिक जीवन सुखद रहेगा। धन: व्यापर से धन आगमन के योग हैं। स्वास्थ्य: मानसिक तनाव से बचें। उपाय: चंद्र देवता को दूध अर्पित करें। सिंह (Leo) करियर: नेतृत्व क्षमता बढ़ेगी, मान-सम्मान मिलेगा। लव: प्रेम में रोमांस बढ़ेगा। धन: आर्थिक स्थिति मजबूत होगी। स्वास्थ्य: ऊर्जा से भरपूर रहेंगे। उपाय: सूर्य को जल अर्पित करें। कन्या (Virgo) करियर: बाहरी कार्य में ध्यान केंद्रित रखें, सफलता मिलेगी। लव: प्रेमीसंग रिश्तों में संतुलन बनाए रखें। धन: अचानक खर्च बढ़ सकता है। स्वास्थ्य: पेट से जुड़ी समस्या हो सकती है। उपाय: हरे वस्त्र दान करें। ALSO READ: देवी कुब्जिका जयंती: तंत्र साधना और वक्रेश्वरी की महिमा का महापर्व तुला (Libra) करियर: कारोबार में किसी प्रोजेक्ट की साझेदारी में लाभ होगा। लव: प्रेम जीवन में स्थिरता आएगी। धन: अचानक धन लाभ के संकेत हैं। स्वास्थ्य: स्वास्थ्य सामान्य रहेगा। उपाय: मां लक्ष्मी को कमल का फूल अर्पित करें। वृश्चिक (Scorpio) करियर: ऑफिस में गुप्त शत्रुओं से सावधान रहें। लव: प्रेम जीवन में भावनाओं में बहने से बचें। धन: अचानक धन लाभ हो सकता है। स्वास्थ्य: रक्तचाप से जुड़ी समस्या हो सकती है। उपाय: विष्णु सहस्रनाम का पाठ करें। धनु (Sagittarius) करियर: कारोबारियों को विदेश से जुड़े कार्यों में सफलता मिलेगी। लव: प्रेम संबंध मजबूत होंगे। धन: अच्छे धन संचय के योग हैं। स्वास्थ्य: फिटनेस पर ध्यान दें। उपाय: पीले वस्त्र धारण करें। मकर (Capricorn) करियर: रचनात्मक कार्यों में सफलता मिलेगी। लव: रिश्तों में दूरी आ सकती है, संवाद जरूरी है। धन: धन स्थिति सामान्य रहेगी। स्वास्थ्य: जोड़ों में दर्द हो सकता है। उपाय: शनि देव को सरसों का तेल अर्पित करें। कुंभ (Aquarius) करियर: छात्रों को नए अवसर मिल सकते हैं। लव: प्रेम में भावनात्मक गहराई आएगी। धन: व्यापारिक आय में वृद्धि होगी। स्वास्थ्य: आज नींद पूरी लें। उपाय: जरूरतमंद को कंबल दान करें। मीन (Pisces) करियर: कार्य में मेहनत अधिक करनी पड़ेगी, लेकिन परिणाम अच्छे होंगे। लव: प्रेम जीवन में उत्साह रहेगा। धन: बढ़ते खर्चों पर नियंत्रण रखें। स्वास्थ्य: मानसिक शांति बनाए रखें। उपाय: शिव जी को बेलपत्र चढ़ाएं। ALSO READ: राहु-केतु का मायाजाल: कलयुग में अचानक मिलने वाली सफलता और असफलता का रहस्य

वेब दुनिया 16 Apr 2026 7:03 am

लोकसभा सीटें बढ़ाकर 850 करने की तैयारी:2029 चुनाव तक महिलाओं के लिए कैसे आरक्षित होगी हर तीसरी सीट; 8 सवालों में पूरी कहानी

1952 में जब देश में पहली बार लोकसभा चुनाव हुए, तब संसद में 489 सीटें थीं और आबादी थी करीब 36 करोड़। आज आबादी 140 करोड़ पार कर चुकी है, लेकिन पिछले 50 साल से सीटें 543 पर जमी हैं। अब सरकार ने सरकार ने 16 से 18 अप्रैल के बीच संसद का विशेष सत्र बुलाया है और एक साथ तीन बड़े काम करने की तैयारी में है- लोकसभा सीटें बढ़ाकर 850 करना, देश का नया चुनावी नक्शा खींचना (यानी परिसीमन), और 2023 में पास हुए महिला आरक्षण कानून को असल में लागू करना। लेकिन यह इतना सीधा नहीं है। दक्षिण के राज्यों को डर है कि उनकी सीटें घटेंगी। विपक्ष पूछ रहा है कि बंगाल चुनाव से ठीक पहले इतनी हड़बड़ी क्यों और सबसे बड़ा सवाल- महिला आरक्षण असल में लागू कब से होगा? ऐसे ही 8 जरूरी सवालों के जवाब, जानेंगे भास्कर एक्सप्लेनर में... सवाल-1: महिला आरक्षण का कानून 2023 में ही पास हो गया था, तो अब तीन नए बिल क्यों लाने पड़े?जवाबः केंद्र सरकार ने 19 सितंबर 2023 को संविधान (128वां संशोधन) विधेयक पेश किया था। इसके तहत लोकसभा और राज्य विधानसभाओं में एक-तिहाई सीटें महिलाओं के लिए आरक्षित करने का प्रावधान था। 20 सितंबर को लोकसभा, 21 सितंबर को राज्यसभा और 28 सितंबर 2023 को राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू की मंजूरी के बाद यह बिल कानून बन गया। लेकिन लागू नहीं हो सका। क्यों? क्योंकि उस कानून में शर्त थी कि आरक्षण नई जनगणना और उसके बाद होने वाले परिसीमन के बाद ही लागू होगा। नई जनगणना का डेटा आने में करीब दो साल और लग सकते हैं। यानी परिसीमन 2034 के चुनाव तक टल सकता था। इसी को बदलने के लिए सरकार ने 16 से 18 अप्रैल के बीच संसद का विशेष सत्र बुलाया है और तीन नए बिल ला रही है: इन बिलों के तीन मकसद हैं… सवाल 2: लोकसभा सीटें बढ़ाकर 850 करने की जरूरत क्यों पड़ रही है? जवाबः मौजूदा सीटों का बंटवारा 1971 की जनगणना पर आधारित है। तब एक सांसद औसतन 10 लाख लोगों का प्रतिनिधित्व करता था, जो अब बढ़कर 25 लाख से ऊपर पहुंच गया है। लेकिन राजनीतिक जानकार एक और बात भी कहते हैं। लोकसभा में अभी 74 महिला सांसद हैं, यानी सिर्फ 13.6%। 543 सीटों पर 33% आरक्षण लागू होता, तो 181 सीटें महिलाओं के लिए रिजर्व होतीं और कई पुरुष सांसदों को अपनी सीटें छोड़नी पड़तीं। इससे पार्टियों के भीतर बगावत का खतरा था। अनुमान है कि परिसीमन के बाद 816 सीटें हो जाएंगी, यानी 273 नई सीटें जुड़ेंगी। लगभग इतनी ही सीटें महिलाओं के लिए आरक्षित होंगी। यानी मौजूदा पुरुष सांसदों पर सीधा असर कम होगा। सवाल 3: परिसीमन के लिए 2011 का पुराना डेटा क्यों, नई जनगणना का इंतजार क्यों नहीं?जवाबः लोकतांत्रिक मानकों के हिसाब से परिसीमन हमेशा ताजा जनगणना के आधार पर होना चाहिए। लेकिन अगर 2027 की जनगणना का इंतजार किया गया, तो महिला आरक्षण 2034 तक लागू नहीं हो पाएगा। पीएम नरेंद्र मोदी ने हाल ही में देश की महिलाओं को पत्र लिखा- ‘महिलाओं का अधिकार अब और टाला नहीं जा सकता और 2029 के चुनाव से इसे लागू होना चाहिए।’ लेकिन मोदी सरकार की इस जल्दबाजी पर सवाल भी उठ रहे हैं- इन सवालों को लेकर गृहमंत्री अमित शाह ने कहा, ‘यह विधेयक 2023 में पास हुआ था। अब बात वादे को पूरा करने की है। संसद ने देश की महिलाओं को 33% आरक्षण देने का वादा किया है। इस वादे को जल्द से जल्द पूरा किया जाना चाहिए।’ सवाल-4: दक्षिण के राज्यों ने आबादी काबू में रखी, तो क्या अब उनकी सीटें घटेंगी और हिंदी भाषी राज्यों की बढ़ेंगी?जवाबः यह डर नया नहीं है। 1976 और 2001 में भी परिसीमन इसीलिए टाला गया था, क्योंकि उत्तर और दक्षिण की जनसंख्या में बड़ा अंतर था। आज भी यही चिंता है। दक्षिण के राज्यों ने परिवार नियोजन अपनाया, आबादी काबू में रखी, लेकिन जनसंख्या आधारित परिसीमन में उनका राजनीतिक प्रतिनिधित्व घट सकता है। तमिलनाडु के सीएम एमके स्टालिन ने चेतावनी दी है कि अगर परिसीमन से राज्य को नुकसान हुआ तो 1950-60 के दशक जैसा आंदोलन होगा। तेलंगाना के सीएम रेवंत रेड्डी ने दक्षिण के सभी मुख्यमंत्रियों को चिट्ठी लिखकर एकजुट होने और पीएम मोदी से सर्वदलीय बैठक बुलाने की मांग की है। इलेक्शन एनालिस्ट से पॉलिटिकल एक्टिविस्ट बने योगेंद्र यादव का कहना है कि अगर 2011 की जनगणना के आधार पर आनुपातिक परिसीमन हुआ तो केरल, तमिलनाडु, आंध्र प्रदेश, कर्नाटक, तेलंगाना, ओडिशा, पश्चिम बंगाल और पंजाब को नुकसान होगा, जबकि हिंदी भाषी राज्यों को फायदा। इससे संघीय ढांचे का नाजुक संतुलन बिगड़ सकता है। केंद्र सरकार बार-बार भरोसा दे रही है कि राज्यों की आनुपातिक हिस्सेदारी से छेड़छाड़ नहीं होगी। संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने कहा कि सीटों का बंटवारा परिसीमन आयोग करेगा और आनुपातिक प्रतिनिधित्व के आधार पर होगा। इससे दक्षिण को नुकसान नहीं, फायदा होगा। अनुपातिक प्रतिनिधित्व, यानी लोकसभा में राज्यों की मौजूदा हिस्सेदारी की हिसाब से परिसीमन में सीटें बांटी जाएंगी। उदाहरण से समझते हैं- तमिलनाडु में अभी लोकसभा की 39 सीटें हैं, यानी अनुपातिक हिस्सेदारी हुई- (39/543) 100 = 7.18%। अगर लोकसभा की सीटें 543 से बढ़कर 850 हो जाएंगी, तो इस फॉर्मूले से तमिलनाडु की लोकसभा सीटें बढ़कर 61 हो जाएंगी। सवाल-5: महिलाओं को आरक्षण कब से मिलेगा और परिसीमन कब लागू होगा?जवाबः इसके लिए पहले परिसीमन आयोग बनेगा। इसके अध्यक्ष सुप्रीम कोर्ट के रिटायर्ड जज होते हैं। मुख्य चुनाव आयुक्त और राज्य चुनाव आयुक्त सदस्य होते हैं। हर राज्य के लिए 5 लोकसभा और 5 विधानसभा सदस्य सहयोगी सदस्य होते हैं। हालांकि इन्हें वोट देने का हक नहीं होता। भारत के पिछले चार परिसीमन आयोगों को अंतिम आदेश जारी करने में 3 से साढ़े 5 साल लगे थे। 2002 में शुरू हुआ परिसीमन 2008 में पूरा हुआ, यानी 6 साल में। सरकार की कोशिश है कि यह सब 2029 के लोकसभा चुनाव तक लागू हो जाए। आरक्षित सीटें हर चुनाव में बारी-बारी बदलती रहेंगी। SC/ST कोटे की भी एक-तिहाई सीटें उसी वर्ग की महिलाओं के लिए रिजर्व होंगी। सवाल-6: क्या विधानसभाओं में भी महिला आरक्षण लागू होगा?जवाबः हां। नारी शक्ति वंदन अधिनियम (106वां संविधान संशोधन अधिनियम, 2023) के तहत लोकसभा के साथ-साथ राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों की विधानसभाओं में भी एक-तिहाई सीटें महिलाओं के लिए आरक्षित होंगी। ज्यादातर राज्यों की विधानसभा सीटें 2001 की जनगणना पर आधारित हैं, असम और जम्मू-कश्मीर को छोड़कर। पूर्वोत्तर के 4 राज्यों- नागालैंड, मणिपुर, अरुणाचल और मिजोरम में तो विधानसभा क्षेत्र 2001 से भी पुराने आधार पर हैं। इसलिए इन सभी जगहों पर भी नए सिरे से परिसीमन होगा। सवाल-7: अगर परिसीमन आयोग का फैसला गलत लगे, तो क्या कोर्ट जा सकते हैं?जवाबः परिसीमन आयोग के आदेश कानून की तरह लागू होते हैं। आर्टिकल 329 और परिसीमन अधिनियम 2002 की धारा 10 के तहत इनके खिलाफ अदालत में नहीं जाया जा सकता। संसद और विधानसभाएं भी इनमें बदलाव नहीं कर सकतीं। हालांकि 2024 में सुप्रीम कोर्ट ने किशोरचंद्र छगनलाल राठौर बनाम भारत सरकार मामले में एक अहम फैसला दिया। कोर्ट ने कहा कि आर्टिकल 329 न्यायिक समीक्षा को पूरी तरह खत्म नहीं करता। अगर कोई आदेश स्पष्ट रूप से मनमाना हो, समानता और निष्पक्षता जैसे संवैधानिक मूल्यों के खिलाफ हो या गलत इरादे से लिया गया हो, तो हाई कोर्ट या सुप्रीम कोर्ट उसकी जांच कर सकती हैं। छोटे-मोटे सीमा बदलाव जैसे मुद्दों पर कोर्ट दखल नहीं देगा और यह भी ध्यान रखेगा कि उसकी वजह से चुनाव में देरी न हो। हालांकि मीडिया रिपोर्ट है कि 2026 का परिसीमन आयोग ज्यादा ताकतवर होगा, जिसके फैसलों को कोर्ट में चुनौती नहीं दी जा सकेगी। सवाल-8: संसद में तीनों बिल पास होना कितना आसान या मुश्किल है?जवाबः संविधान संशोधन के लिए लोकसभा में 'विशेष बहुमत' चाहिए। यानी कुल 543 में से कम से कम आधे यानी 272 सांसद उपस्थित होने चाहिए। जितने भी सांसद उपस्थित हों, उनके दो-तिहाई का समर्थन। मान लीजिए सभी 543 सांसद मतदान करें, तो बिल पारित कराने के लिए 362 वोट चाहिए। अभी NDA के पास 292 सांसद हैं। विपक्ष के 233। यानी अकेले NDA बिल नहीं पास करा सकता। विपक्ष का सहयोग जरूरी है। BJP, कांग्रेस, JDU, LJP(R) समेत कई दलों ने व्हिप जारी कर दिया है। माना जा रहा है कि जैसे 2023 में महिला आरक्षण बिल बिना विरोध के पास हुआ था, वैसा इस बार होने की उम्मीद कम है। क्योंकि विपक्षी गठबंधन INDIA का कहना है कि हम महिला आरक्षण के समर्थन में तो है, लेकिन परिसीमन के खिलाफ है। इसका हम संसद में विरोध करेंगे। लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष और कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने कहा, सरकार जो प्रस्ताव पेश कर रही है, उसका महिला आरक्षण से कोई लेना-देना नहीं है। जाति जनगणना को नजरअंदाज कर OBC, दलित और आदिवासियों के हक की चोरी हो रही है। दक्षिण भारत और पूर्वोत्तर जैसे राज्यों के साथ किसी भी तरह का अन्याय हम बर्दाश्त नहीं करेंगे। ------------ चुनाव से जुड़ी ये खबर भी पढ़िए… ममता के सिर पर रॉड मारी, लगा बचेंगी नहीं: बंगाल में जो आता है, क्यों छा जाता है; क्या अब बीजेपी की बारी है जैसे बंगाली रसगुल्ले की चाशनी कपड़ों पर गिर जाए, तो जल्दी छूटती नहीं है। वैसे ही बंगाल में एक बार जो सरकार में आता है, सालों तक टिकता है। आजादी के बाद से पश्चिम बंगाल में सिर्फ तीन पार्टियों ने सत्ता संभाली है। कांग्रेस ने 20 साल, CPI(M) ने 34 साल और TMC ने 15 साल। यह कोई संयोग नहीं, बल्कि एक पैटर्न है। पूरी खबर पढ़िए…

दैनिक भास्कर 16 Apr 2026 5:05 am

क्या बंगाल में BJP-RSS का माइक्रो मैनेजमेंट बनेगा गेमचेंजर:जीत की 12 स्ट्रैटजी; हिंदुओं की वोटिंग बढ़ाने, डर खत्म करने के लिए अलग टीमें

पश्चिम बंगाल की सियासत में इस बार कुछ बड़ा पक रहा है। विधानसभा चुनाव से पहले BJP और RSS खामोशी से अब तक की सबसे बड़ी बिसात बिछा चुके हैं। बूथ से लेकर बॉर्डर तक संगठन एक्टिव हैं। BJP ने सीनियर लीडर रहीं सुषमा स्वराज का फॉर्मूला ‘1 बूथ-10 यूथ’ पश्चिम बंगाल की सभी 294 सीटों पर लागू किया है। क्या है BJP-RSS की 12 रणनीतियां, जो बंगाल की राजनीति का समीकरण बदल सकती है, यही समझने के लिए हम कोलकाता पहुंचे। राज्य के अलग-अलग हिस्सों का चुनावी माहौल देखा। इसे जितना समझने की कोशिश की, तस्वीर उतनी ही उलझती गई। लोग कह रहे हैं, ‘इस बार बंगाल की राजनीति और मौसम, दोनों का मिजाज एक जैसा है। कब क्या बदल जाए, कहना मुश्किल है। कुछ लोगों का मानना है कि ममता बनर्जी की वापसी लगभग तय है। उनके मुताबिक BJP की सीटें बढ़ सकती हैं, लेकिन सरकार बनाना आसान नहीं होगा। एक वर्ग ये मानता है कि BJP का चुनावी गणित सही बैठ गया, तो सत्ता परिवर्तन बड़ी बात नहीं होगी। 2021 की एक भूल से सबक, BJP ने भी रणनीति बदलीडॉ. धनपत राम अग्रवाल, स्वदेशी जागरण मंच के अखिल भारतीय सह संयोजक हैं। ये संगठन RSS से जुड़ा है और पश्चिम बंगाल में एक्टिव है। डॉ. अग्रवाल बताते हैं, ‘BJP को 2021 में ही सरकार बनाने की उम्मीद थी। उसे 2019 के लोकसभा चुनाव में 18 सीटें मिली थीं। लोकसभा की एक सीट पर विधानसभा की एवरेज 7 सीटें होती है। पार्टी का गणित था कि विधानसभा चुनाव में 18 7 यानी 126 सीटेें मिल जाएंगी। रिजल्ट उम्मीद के मुताबिक नहीं रहा और सिर्फ 77 सीटें मिलीं।’ ‘BJP ने माना कि संगठन की कुछ गलतियां थी। बीते 5 साल में बूथ लेवल तक सुधार किया गया। सभी रीजन- सेंट्रल, नॉर्थ, साउथ बंगाल और जंगल महाल में बूथ लेवल तक तैयारी की गई है। उम्मीद है कि BJP 150 से ज्यादा सीटें जीतेगी।’ BJP की नई स्ट्रैटजी, बॉटम टू टॉप अप्रोचBJP का फोकस किसान, युवा, महिला, व्यापारी और मजदूरों पर है। इन वर्गों से अलग-अलग बैठकें कर उनके सुझाव मेनिफेस्टो में शामिल किए गए। पार्टी इसे बॉटम टू अप स्ट्रैटजी बता रही है। इस बार प्रचार के शोर से ज्यादा माइक्रो मैनेजमेंट पर जोर है। ये 4 हिस्सों में है… 1. वन बूथ-टेन यूथ ये सुषमा स्वराज का दिया फॉर्मूला है। हर बूथ पर 10 युवाओं की टोली तैनात है। उनके साथ अनुभवी कन्वीनर (संयोजक) काम कर रहे है। मंडल स्तर के कार्यकर्ता भी लगे है। कोई बूथ ऐसा नहीं है, जहां BJP के कार्यकर्ता एक्टिव न हों। 2. YM, यानी युवा और महिला फैक्टरBJP की इंटरनल रिपोर्ट में महिलाएं और युवा निर्णायक वोटर समूह के तौर पर सामने आए हैं। इसलिए पार्टी संदेशखाली और आरजीकर मेडिकल कॉलेज में ट्रेनी डॉक्टर से रेप की घटनाओं के जरिए महिला सुरक्षा का मुद्दा उठा रही है। खासकर ग्रामीण इलाकों में, जहां पुरुषों का पलायन ज्यादा है। बंगाल में करीब 3.26 करोड़ महिला वोटर हैं। 2021 के विधानसभा चुनाव में 50% महिलाओं ने TMC को वोट दिया था। इसकी वजह लक्ष्मी भंडार योजना को माना गया। इसके मुकाबले इस बार BJP ने अन्नपूर्णा योजना के तहत 3 हजार रुपए देने का वादा किया है। राज्य में रोजगार और शिक्षा की स्थिति BJP के चुनावी नैरेटिव का अहम हिस्सा है। पार्टी दावा करती है कि इंडस्ट्री में निवेश ठहरा हुआ है। 6800 कंपनियां राज्य छोड़ चुकी हैं। लॉ एंड ऑर्डर की वजह से निवेश नहीं आ रहा है और राज्य पर कर्ज बढ़ा है। 3. दलबदलुओं को तवज्जो नहीं2021 में BJP ने दूसरी पार्टियों से आए 100 से ज्यादा नेताओं को टिकट दिए थे। इनमें ज्यादातर TMC से थे। इससे BJP के पुराने कार्यकर्ता नाराज हो गए। कई नेता चुनाव हारने के बाद TMC में वापस चले गए। इस बार पार्टी ज्यादा अलर्ट रही। दलबदलुओं की बजाय पार्टी नेताओं को तरजीह दी गई। 4. मुस्लिमों को टिकट नहीं BJP ने इस बार एक भी मुस्लिम को टिकट नहीं दिया। 2021 में 6 मुस्लिम कैंडिडेट थे। पार्टी बांग्लादेश में हिंदुओं के खिलाफ हिंसा काे भी मुद्दा बना रही है। BJP का ये भी दावा है कि मुस्लिमों का एक धड़ा ममता सरकार से नाराज है। बदलती डेमोग्राफी और बांग्लादेश में हिंदुओं के खिलाफ हिंसा फैक्टरबांग्लादेश में हिंदुओं के साथ हिंसा और दीपू दास की हत्या भी एक फैक्टर है। BJP के प्रदेश अध्यक्ष समिक भट्टाचार्य कहते हैं, ‘पश्चिम बंगाल धीरे-धीरे बांग्लादेश बन रहा है। घुसपैठियों की वजह से सीमा से सटे जिलों की डेमोग्राफी बदल रही है। पश्चिम बंगाल की जमीन का इस्तेमाल बिहार, झारखंड, पूर्वांचल और सीमांचल की डेमोग्राफी बदलने के लिए किया जा रहा है।’ समिक भट्टाचार्य बताते हैं, ‘इस बार चुनाव जनता और तृणमूल कांग्रेस के बीच है। हमने तैयारी कर ली है। पहाड़ से समुद्र तक, कूचबिहार से काकद्वीप तक, दार्जिलिंग से आसनसोल तक, गंगोत्री से गंगासागर तक इस बार BJP की सरकार बनेगी।’ लोगों से बिना डरे वोट देने की अपील, लेकिन RSS पदाधिकारी खुद डरेRSS से जुड़े संगठन पर्चे बांटकर राष्ट्रवादी पार्टी को वोट देने की अपील कर रहा है। पदाधिकारियों के मुताबिक, मतदाताओं से NOTA का इस्तेमाल न करने की अपील की जा रही है, ताकि वे स्थिर सरकार चुनें। लोगों से कहा गया है कि वे सुबह-सुबह वोट डालने जाएं, क्योंकि दोपहर 12 बजे के बाद कई इलाकों में वोटिंग के दौरान गड़बड़ी और हंगामे की आशंका बढ़ जाती है। RSS का रीजनल ऑफिस ‘केशव भवन’ कोलकाता में है। यहां मिले पदाधिकारियों ने कैमरे पर बात नहीं की। हालांकि, एक पदाधिकारी बोले कि अगर TMC के लोग चुनाव में हमें मारेंगे, तो इस बार हम भी उन्हें मारेंगे। फिर तुरंत बोले, ‘ये लिखिएगा मत, वरना वे मुझे जेल में डाल सकते हैं।’ उनकी बात में डर था। हैरानी हुई कि आम लोगों से बिना डरे वोटिंग की अपील करने वाले RSS के लोग खुद इतना डरे हुए हैं। VHP का दावा: BJP 150 सीट जीतकर सरकार बनाएगी, TMC के एक करोड़ वोट घटेंगेRSS पदाधिकारी ने हमारी बात विश्व हिंदू परिषद के नेता सचिंद्रनाथ सिंह से करवाई। वे दावा करते हैं, ‘इस बार BJP 150 सीटें जीतकर बंगाल में सरकार बनाएगी। यह सिर्फ चुनावी उम्मीद नहीं, बल्कि सौ साल की हिंदुत्व साधना की सिद्धि का परिणाम होगा।’ सचिंद्रनाथ सिंह आरोप लगाते हैं कि TMC के कार्यकर्ता घर-घर जाकर महिलाओं पर दबाव बनाते हैं। बच्चों के सिर पर हाथ रखकर TMC को वोट देने की कसम दिलाते हैं। इससे निपटने के लिए गांवों में क्विक रिस्पॉन्स टीम बनाई जा रही हैं। ये संवेदनशील बूथों के बारे में चुनाव आयोग को जानकारी देंगी। वोटों का गणित समझाते हुए सचिंद्रनाथ सिंह कहते हैं, ‘पिछले विधानसभा चुनाव में BJP को करीब 2.3 करोड़ और TMC को 2.9 करोड़ वोट मिले थे। SIR से TMC के एक करोड़ वोट घट सकते हैं।’ पश्चिम बंगाल में SIR के दौरान करीब 91 लाख नाम हटाए गए हैं। सबसे ज्यादा 4.5 लाख नाम मुस्लिम बहुल जिले मुर्शिदाबाद से कम हुए हैं। नॉर्थ 24 परगना में 3.25 नाम हटाए गए हैं। हालांकि हटाए गए वोटर को इसके खिलाफ अपील का एक मौका मिलेगा। जंगल महाल और नॉर्थ बंगाल में BJP मजबूत, साउथ बंगाल TMC का पावर हाउस2021 के विधानसभा चुनाव में BJP नॉर्थ बंगाल में सबसे मजबूत थी। यहां की 54 सीटों में से BJP को 30 और TMC को 24 सीटें मिलीं। कूचबिहार और अलीपुरद्वार में पार्टी ने क्लीन स्वीप किया। जंगलमहाल की 42 सीटों में 17 BJP और 25 TMC को मिली थीं। 2019 के लोकसभा चुनाव में यहां BJP आगे थी, लेकिन 2021 में TMC ने वापसी की। इस बार BJP दोनों इलाकों को सेफ जोन मान रही है। साउथ बंगाल TMC का सबसे मजबूत गढ़ है। यहां मुस्लिम और शहरी लिबरल वोटर ज्यादा हैं। यहां की 167 सीटों में 153 TMC ने जीती थीं। नॉर्थ और साउथ 24 परगना, हावड़ा, हुगली और कोलकाता में उसे एकतरफा जीत मिली थी। BJP को सिर्फ 14 सीटें मिलीं। ये जीत मतुआ आबादी वाले इलाकों में मिले। इस बार BJP यहां उन हिंदू वोटर्स तक पहुंच रही है, जो डर की वजह से वोट डालने नहीं निकलते। पांच पत्तों की इकोनॉमी पर नजर, मतुआ-राजबंशी तक पहुंचा RSSझारग्राम, पश्चिम मेदिनीपुर, पुरुलिया, बांकुरा के अलावा उत्तर बंगाल में आदिवासी आबादी है। इनकी रोजी-रोटी चाय, साल, तेंदू, पान और तंबाकू के पत्तों से चलती है। बंगाल में करीब 42 से 45 लाख आदिवासी वोटर हैं। राज्य की 294 सीटों में से 16 सीटें ST के लिए रिजर्व हैं, लेकिन आदिवासियों का प्रभाव 45 से 50 सीटों पर है। RSS ने इनके इलाकों में शाखाएं बढ़ाईं, स्कूल खोले और स्थानीय त्योहारों के जरिए उनके बीच जगह बनाई। BJP चुनाव में इसी नेटवर्क का इस्तेमाल कर रही है। खासकर जंगलमहाल में, जहां पहले लेफ्ट पार्टियों का मजबूत वोट बैंक था। धीरे–धीरे ये BJP में शिफ्ट हो गया। इसके अलावा BJP ने मतुआ, राजवंशी और बांग्लादेश से आए हिंदू शरणार्थियों को नागरिकता दिलाने के लिए काम किया। CAA का सबसे ज्यादा असर नॉर्थ 24 परगना, नादिया कूचबिहार, अलीपुरद्वार और जलपाईगुड़ी में है। 2021 के चुनाव के बाद RSS ने बॉर्डर वाले इलाकों में शाखाएं बढ़ाई हैं। मतुआ बांग्लादेश से आए शरणार्थी हैं। बंगाल की आबादी में इनकी हिस्सेदारी 4% से 5% है। दलित आबादी में ये करीब 17% हैं। ये समुदाय नादिया, नॉर्थ और साउथ 24 परगना में रहता है और करीब 15 सीटों पर जीत-हार तय करता है। इसी तरह राजबंशी समुदाय कूचबिहार, अलीपुरद्वार, जलपाईगुड़ी और दार्जिलिंग की 54 सीटों में से करीब 25-30 सीटों पर निर्णायक हैं। एक्सपर्ट बोले- ममता सरकार के खिलाफ गुस्सा, लेकिन BJP भुना नहीं पा रहीपश्चिम बंगाल की राजनीति पर रिसर्च कर रहे रवींद्र भारती विश्वविद्यालय के प्रोफेसर बिश्वनाथ चक्रवर्ती कहते हैं, ‘पिछले 3-4 चुनावों में TMC ने 30% जीत डर के माहौल से हासिल की है। वे BJP समर्थकों को डराते हैं कि वोट दोगे, तो घर से निकाल देंगे। लक्ष्मी भंडार योजना का फायदा नहीं मिलेगा, बूथ पर कैमरे से देख लेंगे।’ ‘इस बार चुनाव आयोग ने सुरक्षा बढ़ाई है, लेकिन डर का माहौल फिर भी बना हुआ है। पश्चिम बंगाल की राजनीति में हिंसा के जरिए जीतने की प्रवृत्ति रही है। हाल में मालदा और मुर्शिदाबाद में स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन, यानी SIR का काम कर रहे न्यायिक अधिकारियों पर हमले इसके उदाहरण हैं।’ उन्होंने कहा, ‘TMC और ममता बनर्जी के खिलाफ एंटी इनकम्बेंसी है, लेकिन इसका फायदा BJP को नहीं मिलेगा। BJP के संगठन में कमियां हैं। ये कमियां 2021 में भी थीं। BJP ने ममता के खिलाफ मजबूत CM फेस नहीं दिया। शुभेंदु अधिकारी को विधानसभा में एक्टिव रखा, लेकिन संगठन में उनसे मतभेद रहे।’ ‘पिछले चुनाव के मुकाबले RSS बंगाल में ज्यादा एक्टिव दिख रहा है। BJP का बूथ पर मजबूत संगठन नहीं है, लेकिन RSS के कार्यकर्ता काम कर रहे हैं। PM मोदी और अमित शाह की रैलियों से डोर-टू-डोर कैंपेन तक RSS का योगदान है।’ ‘पिछले 5 साल में ममता सरकार पर भ्रष्टाचार के आरोप लगे, लेकिन BJP बड़ा आंदोलन खड़ा नहीं कर पाई। पार्टी के सीनियर नेता मानते रहे कि गुजरात या मध्य प्रदेश में बिना किसी आंदोलन के सरकार बनी। ऐसे में बंगाल में आंदोलन से फायदा नहीं होगा, लेकिन यहां की राजनीति में आंदोलन जरूरी होते हैं। इसी वजह से BJP का संगठन मजबूत नहीं हो सका।’ प्रो. चक्रवर्ती आगे कहते हैं, ‘पश्चिम बंगाल में डेमोग्राफिक बदलाव हुआ है। राज्य में 35% मुस्लिम आबादी है। ये 146 विधानसभा सीटों में 20% से 80% तक हैं। यहां लेफ्ट-लिबरल वोटर भी मजबूत हैं। लेफ्ट परंपरा काफी लंबी रही है। प्रेसिडेंसी कॉलेज, कलकत्ता यूनिवर्सिटी जैसे संस्थानों से निकले लिबरल सोच वाले लोग ममता के खिलाफ तो हैं, लेकिन BJP की विचारधारा को स्वीकार नहीं करेंगे।’ प्रो. चक्रवर्ती के मुताबिक, ‘BJP ने बांग्लादेश में हिंदुओं पर अत्याचार और मुर्शिदाबाद दंगों जैसे मुद्दे उठाए हैं। 2021 में BJP को लगभग 94% और 2024 के लोकसभा चुनाव में 95% हिंदू वोट मिले। इसमें बहुत ज्यादा बढ़ोतरी की संभावना नहीं दिख रही है।’ ………………………..पश्चिम बंगाल चुनाव पर ये ग्राउंड रिपोर्ट भी पढ़ें… हिंदू बाप-बेटे को काट डाला, बंगाल में चुनावी मुद्दा नहीं 11 अप्रैल 2025 को वक्फ संशोधन कानून के विरोध में मुर्शिदाबाद के जाफराबाद में रैली निकाली गई। बेकाबू भीड़ ने पारुल के पति हरगोविंद दास और बेटे चंदन को घर के सामने ही काट डाला। जाफराबाद में लोग इसे बड़ा चुनावी मुद्दा बता रहे हैं और TMC को हटाने की बात कर रहे हैं, जबकि यहां से 142 किमी दूर मालदा में इसकी चर्चा भी नहीं है। पढ़ें पूरी खबर...

दैनिक भास्कर 16 Apr 2026 4:59 am

‘तौसीफ बोला- शिव भगवान नहीं, ब्रह्माजी को गाली दी’:हनीमून की डिटेल पूछता, प्राइवेट पार्ट घूरता; TCS केस में अब तक कितने खुलासे

‘मई 2025 की बात है, मैंने सोमवार का व्रत रखा था। तभी तौसीफ अत्तार पास आया और मेरे टेबल पर रखी महादेव की मूर्ति देखकर बोला कि क्या ये सच में भगवान हैं। अगर पार्वती ने गणेश को जन्म दिया, तो इन्हें क्यों नहीं पता था। फिर हंसने लगा। वो अक्सर हिंदू धर्म और देवी-देवताओं का मजाक उड़ाता था। एक दिन उसने कहा कि ब्रह्मा ने अपनी बेटी के साथ गलत काम किया था।‘ ‘तौसीफ ऑफिस में बिजनेस प्रोसेस लीडर है। हम एक टीम में नहीं थे, फिर भी वो मेरे पास आता और निजी जिंदगी के बारे में बातें करता। पूछता कि क्या तुम्हारा बॉयफ्रेंड है। वो ऑफिस की लड़कियों को सिर से पैर तक घूरता और आंख मारता। मैंने सीनियर्स से शिकायत की, लेकिन कुछ नहीं हुआ, इसलिए पुलिस के पास जाना पड़ा।‘ ये आपबीती 25 साल की उस लड़की की है, जिसकी शिकायत के बाद नासिक पुलिस ने टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज (TCS) के 7 अधिकारियों को गिरफ्तार किया है। 26 मार्च से 3 अप्रैल के बीच 9 महिलाओं ने FIR दर्ज कराई। उन्होंने कंपनी के मुस्लिम टीम लीडर्स और HR मैनेजर पर सेक्शुअल हैरेसमेंट समेत जबरन धर्म परिवर्तन जैसे गंभीर आरोप लगाए हैं। नई फीमेल वर्कर्स को टारगेट कर ब्रेनवॉश का पैटर्न हमने जांच कर रही नासिक पुलिस की SIT के अफसर से बात की। उन्होंने बताया कि मामले के तार ह्यूमन ट्रैफिकिंग, धर्मांतरण और विदेशी फंडिंग से भी जुड़े हो सकते हैं। इसकी जांच हो रही है। आरोपियों के बैकग्राउंड और ऑफिशियल रिकॉर्ड्स देखे जा रहे हैं। पीड़ित महिलाएं महाराष्ट्र पुलिस की निगरानी में हैं। SIT से जुड़े सोर्स कहते हैं, ‘पहली FIR 26 मार्च को देवलाली कैंप पुलिस स्टेशन में दर्ज की गई थी। इसके बाद 8 और महिलाओं ने शिकायत दर्ज कराई। इनके बयानों से यौन शोषण, जोर-जबरदस्ती और धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने का पैटर्न सामने आया है।‘ ‘ज्यादातर गवाही में पाया गया कि पीड़ित महिलाओं को पहले अलग-अलग तरीकों से अप्रोच किया गया। फिर नौकरी के दबाव, प्रमोशन और काम सिखाने के बहाने टारगेट किया गया। पुलिस ने बयानों के आधार पर TCS कंपनी के दानिश शेख, तौसीफ अत्तार, रजा मेमन, शाहरुख कुरैशी, आसिफ अंसारी, शफी शेख और अश्विनी चनानी को गिरफ्तार किया है। कंपनी की HR मैनेजर निदा खान अभी फरार हैं।’ 9 में से 3 महिलाओं की FIR मिली…पहली पीड़ितसीनियर पूछते- हनीमून पर कहां गई, क्या-क्या किया पीड़ित महिला ने 2 अप्रैल को नासिक के मुंबई नाका पुलिस स्टेशन में FIR कराई है। उसके मुताबिक, जून 2025 से 31 मार्च 2026 तक वो TCS ऑफिस में एसोसिएट थी। पति काम के सिलसिले में पुणे में रहते हैं। FIR में उसने बताया, ‘24 जून 2025 को मुझे 3 महीने के ट्रेनिंग प्रोग्राम में शामिल किया गया। रजा मेमन का मेरी ट्रेनिंग से कोई लेना-देना नहीं था, फिर भी वो मेरे पास आकर पर्सनल लाइफ के बारे में पूछते। कहते थे कि पति के साथ क्यों नहीं रहती, हनीमून पर कहां गई थी। वहां क्या किया, कैसे किया। रजा मेमन के साथ शाहरुख कुरैशी भी था।‘ ट्रेनिंग में आसिफ अंसारी भी अक्सर मेरे पास आ जाता। सटकर बैठता और गलत तरह से छूता। कभी जांघ या कंधे पर हाथ रख देता। एक दिन लंच के वक्त हाथ गोद में रख दिया। फिर बोला- अगर कोई फिजिकल नीड हो, तो बताओ, पूरा कर दूंगा। महिला ने बताया, ‘सीनियर तौसीफ अत्तार ने भी गलत बर्ताव किया। वो भी टीम में नहीं था, फिर भी पास आकर खाने के लिए पूछता। अश्लील तरीके में पूछता, 'क्या संतरे लाई हो। छोटे वाले लाई हो या बड़े वाले।' वो चेहरा सटाता और छूता था। जब सवाल किया, तो कहा, 'क्या तुम्हें आगे नहीं बढ़ना।‘ पीड़ित के मुताबिक, शाहरुख कुरैशी, रजा मेमन, आसिफ अंसारी, तौसीफ अत्तार और शफी शेख ने उसे फिजिकली और मेंटली टॉर्चर किया। हिंदू देवी-देवताओं को अपशब्द कहे, जिससे उसकी धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंची। उसने HR सेल में शिकायत की, लेकिन कार्रवाई नहीं हुई। तब उसने मुंबई नाका थाने में शिकायत की। दूसरी पीड़ित‘ईश्वर वही जो अदृश्य है, हिंदू देवी-देवता झूठे’ मुंबई नाका पुलिस स्टेशन पर दर्ज शिकायत के मुताबिक, जनवरी से दिसंबर 2025 तक उसका ऑफिस में यौन उत्पीड़न हुआ। महिला कंपनी में क्रेडिट कार्ड कस्टमर्स की शिकायतें सुनती थी। उसने बताया, ‘तौसीफ अत्तार अपने धर्म को ऊंचा दिखाता और हिंदू धर्म को नीचा। वो कहता कि सच्चा ईश्वर वही है, जो अदृश्य है। हिंदू धर्म में देवता दिखते हैं, इसलिए झूठे हैं।‘ ‘दिसंबर 2025 की बात है। मैं लंच के बाद छाछ पी रही थी, तभी तौसीफ आया और पूछा- ‘क्या पी रही हो?' मैंने कहा- 'छाछ पी रही हूं।' उसने अजीब नजरों से देखा और कहा- मेरे पास भी छाछ है, क्या पीना चाहोगी। ये कहते हुए उसने प्राइवेट पार्ट की ओर इशारा किया।’ तीसरी पीड़ितभगवान कृष्ण और शिव को लेकर गलत बातें कीं तीसरी FIR में पीड़ित ने बताया, ‘मैं दिसंबर 2024 में ऑफिस में थी। तब शफी शेख काम के बहाने पास आकर बैठ गया और जानबूझकर मेरे पैर से अपना पैर रगड़ने की कोशिश की। फिर मेरा कीपैड इस्तेमाल करने के बहाने गलत तरह से छुआ। मैंने कुर्सी दूर कर ली, तो हंसते हुए चला गया।‘ ‘फरवरी 2026 में तौसीफ ने मेरे धर्म को नीचा दिखाने की कोशिश की। उसने कहा कि कृष्ण ने 16 हजार महिलाओं से शादी की, इससे पता चलता है कि कृष्ण कैसे थे। क्या भगवान शंकर को ये नहीं पता था कि गणेश पार्वती के बेटे हैं। अगर नहीं पता था तो देवी पार्वती को बेटा कैसे हुआ। उन्होंने गणेश का सिर क्यों काट दिया।‘ 40 दिन के 'अंडरकवर ऑपरेशन' से खुलासा मामले की जांच कर रहे SIT चीफ और सहायक पुलिस आयुक्त संदीप मिटके कहते हैं कि नासिक पुलिस को जांच के दौरान अहम बातें पता चलीं। जांच टीम के एक सीनियर अफसर नाम न छापने की शर्त पर कहते हैं, ‘फरवरी में कुछ लड़कियों ने हमसे गोपनीय तरीके से संपर्क किया। उन्होंने बताया कि कंपनी में बहुत खराब माहौल है, लड़कियां खुलकर बोलने से डर रही हैं। आरोपों की सच्चाई जानने के लिए हमने पुलिस कमिश्नर संदीप कार्णिक के निर्देश पर एक प्लान बनाया।‘ 7 महिला पुलिसकर्मियों को अंडरकवर तैनात किया गया। ये हाउसकीपिंग स्टाफ और बाकी छोटे पदों पर काम करने वाले कर्मचारियों के तौर पर कंपनी के अंदर गईं। ‘ऑफिसर्स ने 40 दिनों तक नजर रखी कि क्या आरोपी मीटिंग में या महिला कर्मचारियों के वर्क स्टेशन पर दुर्व्यवहार कर रहे थे। ये अंडरकवर ड्यूटी के बाद हर दिन सीनियर्स को अपडेट देती थीं।‘ जांच के दौरान एक महिला कर्मचारी ने 26 मार्च को देवलाली पुलिस स्टेशन में पहली FIR दर्ज कराई। उसने कंपनी के सीनियर अधिकारी पर रेप का आरोप लगाया। 2 अप्रैल तक कुल 9 केस दर्ज हुए। इनमें आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है। आरोपी स्टाफ सस्पेंड, TCS चेयरमैन बोले- केस परेशान करने वाला टाटा सन्स के चेयरमैन एन चंद्रशेखरन ने कहा कि ये केस परेशान करने वाला है। हम पुलिस का सहयोग कर रहे हैं। TCS किसी भी तरह के उत्पीड़न और जबरदस्ती के प्रति लंबे समय से 'जीरो टॉलरेंस' अपनाता रहा है। इस मामले में भी कंपनी सख्त रुख अपना रही है। सरकारी वकील बोलीं- कंपनी की ऑपरेशंस हेड ने आरोपियों की मदद की पीड़ित पक्ष की सरकारी वकील किरण बेंडभर कहती हैं, ‘ये गंभीर मामला है, जिसमें पीड़ित के यौन उत्पीड़न और मानसिक उत्पीड़न के आरोप शामिल हैं। साथ ही आरोपियों ने वर्कप्लेस में कथित तौर पर आपत्तिजनक व्यवहार किया।‘ ‘जांच में पाया गया है कि कंपनी की ऑपरेशंस हेड ने POSH यानी यौन उत्पीड़न के लिए रोकथाम समिति की सदस्य होने के बावजूद शिकायत पर ध्यान नहीं दिया, बल्कि आरोपियों की मदद की। इससे उनकी हिम्मत बढ़ी और वे दूसरी महिलाओं को भी परेशान करने लगे।‘ ………………ये खबर भी पढ़ें… कैप्टन बाबा के 58 अश्लील वीडियो, कहता था, ‘मैं शिव का अवतार, संबंध बनाओ, पवित्र हो जाओगी’ ‘शादी के बाद मुझे बेटा नहीं हो रहा था। ससुराल में ताने मिलते थे। तंग आकर मैं कैप्टन बाबा के पास गई। बाबा ने गारंटी दी कि तंत्र-पूजा से सब ठीक हो जाएगा। उन्होंने मुझे तांबे के लोटे से पानी पिलाया और कुछ खाने को दिया। थोड़ी देर बाद मेरा सिर घूमने लगा और शरीर सुन्न पड़ गया। इसी का फायदा उठाकर बाबा ने मेरा रेप किया और बोला- मैं शिव का अवतार हूं, मेरे साथ संबंध बनाकर तुम पवित्र हो गई हो।’ पढ़ें पूरी खबर...

दैनिक भास्कर 16 Apr 2026 4:59 am

हॉर्मुज़ संकट और ट्रंप की कूटनीति: युद्ध, दबाव और अमेरिकी सत्ता के भीतर बढ़ती दरारें

हॉर्मुज़ स्ट्रेट की नाकेबंदी के बाद Donald Trump की रणनीति पर सवाल उठ रहे हैं। Iran के साथ बढ़ते तनाव, अमेरिकी सेना में असंतोष और वैश्विक राजनीति में बदलते समीकरणों का विस्तृत विश्लेषण

हस्तक्षेप 15 Apr 2026 11:39 pm

चेहरे की चोट पर खुद को भाग्यशाली समझते हैं बेन स्टोक्स, नहीं हुआ ज्यादा नुकसान

इंग्लैंड के कप्तान बेन स्टोक्स ने कहा कि वह “लकी” हैं और अगर फरवरी में जब उनके चेहरे पर क्रिकेट बॉल लगी थी, तब चीजें थोड़ी अलग होतीं तो “शायद मैं यहां नहीं होता”। ऑलराउंडर को यह चोट तब लगी जब वह अपनी काउंटी डरहम में एकेडमी के खिलाड़ियों के साथ नेट्स पर काम कर रहे थे। बीबीसी स्पोर्ट के अनुसार, उनके गाल की हड्डी टूटने पर उन्हें “चेहरे की काफी बड़ी सर्जरी” करानी पड़ी, जिससे वह मई तक खेल नहीं पाएंगे। स्टोक्स ने इंग्लैंड एंड वेल्स क्रिकेट बोर्ड (ईसीबी) की वेबसाइट से कहा, “यह काफी डरावनी स्थिति थी। मेरे चेहरे पर सीधे एक बॉल लगी। बस कुछ इंच इधर-उधर, अगर मैंने अपना सिर नहीं घुमाया होता तो शायद मैं यह इंटरव्यू नहीं दे रहा होता। “यहां (गाल की हड्डी) के नीचे थोड़ी गड़बड़ थी। मैं काफी लकी रहा। शुक्र है कि मैं अभी भी यहां हूं और सब कुछ ठीक है।” जनवरी में इंग्लैंड की 4-1 से एशेज हार के बाद से स्टोक्स ने कोई कॉम्पिटिटिव मैच नहीं खेला है। उन्होंने कहा कि वह 8 मई को वॉर्सेस्टरशायर में काउंटी चैंपियनशिप में डरहम के लिए वापसी करने को तैयार हैं। मंगलवार को जारी ईसीबी इंटरव्यू के एक हिस्से में, स्टोक्स ने कोच ब्रेंडन मैकुलम के साथ अनबन की बात को खारिज कर दिया, लेकिन कहा कि उन्हें “थोड़े अलग तरीके से” काम करना होगा। पूरे इंटरव्यू में, स्टोक्स ने कहा कि वह नहीं चाहते कि हर खिलाड़ी एक ही स्टाइल में खेले; एशेज के दौरान इंग्लैंड की बहुत आलोचना जायज थी; और सीरीज़ हार पर उनके अपने रिएक्शन ने खुद को साबित कर दिया कि वह इंग्लैंड के लिए कमिटेड हैं।

वेब दुनिया 15 Apr 2026 11:09 pm

पचपदरा रिफाइनरी से राजस्थान का सर्वांगीण विकास होगा : मदन राठौड़

सिरोही। राजस्थान भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष मदन राठौड़ ने कहा कि पचपदरा रिफाइनरी का शुभारंभ प्रदेश के विकास में मील का पत्थर साबित होगा। उन्होंने बताया कि माननीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी शीघ्र ही इसका उद्घाटन करेंगे, जो राजस्थान के लिए गौरव का विषय है। सिरोही के एकदिवसीय प्रवास के दौरान सर्किट हाउस में बुधवार को […] The post पचपदरा रिफाइनरी से राजस्थान का सर्वांगीण विकास होगा : मदन राठौड़ appeared first on Sabguru News .

सबगुरु 15 Apr 2026 10:34 pm

भगवान श्री परशुराम जन्मोत्सव का आगाज, गणेश पूजन कर भगवान को न्यौता

अजमेर। राजस्थान ब्राह्मण महासभा अजमेर के तत्वावधान में आगामी 19 अप्रैल को होने जा रहे भगवान श्री परशुराम जन्मोत्सव का आगाज बुधवार को गणेश पूजन से हो गया। खाईलैंड स्थित राजराजेश्वर मंदिर से समस्त ब्राह्मण बंधु आगरा गेट स्थित गणेश मंदिर पहुंचे तथा गणेश पूजन कर भगवान को न्यौता दिया। राजस्थान ब्राह्मण महासभा के अध्यक्ष […] The post भगवान श्री परशुराम जन्मोत्सव का आगाज, गणेश पूजन कर भगवान को न्यौता appeared first on Sabguru News .

सबगुरु 15 Apr 2026 10:28 pm

संपर्क क्रांति ट्रेन में पिस्तौल की नोक पर लूट, बदमाश लाखों लेकर फरार

रुद्रपुर। उत्तराखंड के रुद्रपुर-दिल्ली रेल मार्ग पर बुधवार को बदमाशों ने चलती ट्रेन में पिस्तौल की नोक पर दो लोगों से सात लाख रुपए लूट लिए और मौके से फरार हो गए। प्राप्त जानकारी के अनुसार रुद्रपुर स्थित जपनीत ऑटो के दो कर्मचारी ऋतिक मंडल और साहिब सिंह बुधवार सुबह हल्द्वानी से चलने वाली संपर्क […] The post संपर्क क्रांति ट्रेन में पिस्तौल की नोक पर लूट, बदमाश लाखों लेकर फरार appeared first on Sabguru News .

सबगुरु 15 Apr 2026 9:17 pm

ईरान पूरे पश्चिमी एशिया पर कब्जा करने वाला था, हमनें उसे रोक दिया : ट्रंप

वाशिंगटन। अमरीका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने दावा किया है कि उन्होंने ईरान को पूरे पश्चिमी एशिया पर कब्जा करने से रोक दिया है। ट्रंप ने फॉक्स न्यूज को दिए एक साक्षात्कार में कहा कि वे पश्चिमी एशिया पर कब्जा करने जा रहे थे और हमने उन्हें रोक दिया। उन्होंने कहा कि इसका श्रेय उनके […] The post ईरान पूरे पश्चिमी एशिया पर कब्जा करने वाला था, हमनें उसे रोक दिया : ट्रंप appeared first on Sabguru News .

सबगुरु 15 Apr 2026 9:10 pm

पार्टी विरोधी गतिविधियों के चलते कांग्रेस के एमएलसी अब्दुल जब्बार निलंबित

बेंगलूरु। कर्नाटक प्रदेश कांग्रेस कमेटी(केपीसीसी) ने विधान परिषद सदस्य के. अब्दुल जब्बार को पार्टी की प्राथमिक सदस्यता से तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। केपीसीसी अध्यक्ष एवं उपमुख्यमंत्री डीके शिवकुमार की ओर से जारी आदेश के अनुसार, यह कार्रवाई दावणगेरे दक्षिण विधानसभा उपचुनाव के दौरान पार्टी विरोधी गतिविधियों में संलिप्तता के चलते की गई […] The post पार्टी विरोधी गतिविधियों के चलते कांग्रेस के एमएलसी अब्दुल जब्बार निलंबित appeared first on Sabguru News .

सबगुरु 15 Apr 2026 8:56 pm

झालावाड़ में ग्राम विकास अधिकारी रजनी मीणा 10400 रुपए की रिश्वत लेते अरेस्ट

झालावाड़। राजस्थान में भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (एसीबी) ने बुधवार को झालावाड जिले में पंचायत समिति की मऊ बोरदा ग्राम पंचायत के ग्राम विकास अधिकारी रजनी मीणा को 10 हजार 400 रुपए की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार किया। ब्यूरो के आधिकारिक सूत्रों के अनुसार एसीबी की झालावाड चौकी को गत 10 अप्रैल को शिकायत […] The post झालावाड़ में ग्राम विकास अधिकारी रजनी मीणा 10400 रुपए की रिश्वत लेते अरेस्ट appeared first on Sabguru News .

सबगुरु 15 Apr 2026 7:05 pm

मोदी ने कर्नाटक में श्री गुरु भैरवैक्य मंदिर का उद्घाटन किया, लोगों से 9 संकल्प लेने का आग्रह

बेंगलूरू/नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने बुधवार को कर्नाटक के मांड्या में श्री गुरु भैरवैक्य मंदिर के भव्य मंदिर का उद्घाटन किया और भारत के सामाजिक सांस्कृतिक और सभ्यतागत उत्थान में मंदिर-मठ और आध्यात्मिक परम्पराओं के योगदान का उल्लेख करते हुए जनता से जल संरक्षण, वृक्षाराेपण और प्राकृतिक खेती जैसे कार्यों के प्रोत्साहन के लिए […] The post मोदी ने कर्नाटक में श्री गुरु भैरवैक्य मंदिर का उद्घाटन किया, लोगों से 9 संकल्प लेने का आग्रह appeared first on Sabguru News .

सबगुरु 15 Apr 2026 7:00 pm

विश्व चैंपियन दिग्गज बैडमिंटन खिलाड़ी विक्टर एक्सेलसन ने लिया संन्यास

दो बार के ओलंपिक और विश्व चैंपियन दिग्गज बैडमिंटन खिलाड़ी विक्टर एक्सेलसन ने बुधवार को संन्यास की घोषणा करते हुए कहा कि लगातार चोटिल होने के कारण उन्हें यह फैसला करना पड़ा।डेनमार्क का यह 32 वर्षीय खिलाड़ी पिछले साल अक्टूबर से पीठ की समस्या के कारण किसी भी प्रतियोगिता में भाग नहीं ले पाया है। उन्होंने इसके लिए सर्जरी भी कराई लेकिन उनका दर्द अब भी बना रहता है। तीन बार के यूरोपीय चैंपियन एक्सेलसन ने ‘बैडमिंटन यूरोप’ से कहा, ‘‘जैसा कि अधिकतर लोग जानते हैं कि मैं काफी समय से अपनी पीठ की समस्या से जूझ रहा हूं। पिछले साल अप्रैल में सर्जरी कराने और लंबे समय तक ‘रिहैबिलिटेशन’ से गुजरने के बाद दुर्भाग्य से अक्टूबर में यह दर्द फिर से उबर गया।’’ उन्होंने कहा, ‘‘दर्द के कारण मैं खेल नहीं पा रहा हूं और अभ्यास भी नहीं कर पा रहा हूं। इस कारण मुझे यह बेहद मुश्किल फैसला लेने के लिए मजबूर होना पड़ा।’’ एक्सलसेन 183 सप्ताह तक विश्व में नंबर एक खिलाड़ी रहे हैं और वह इस मामले में तीसरे स्थान पर काबिज हैं। उन्होंने कहा कि दर्द कम न होने और डॉक्टरों का खेल जारी रखने पर एक और सर्जरी की चेतावनी दिए जाने के बाद आखिर में उन्हें अपने शरीर की बात सुननी पड़ी। मिलनसार स्वभाव का यह खिलाड़ी अपने पूरे करियर में अस्थमा से जूझता रहा है। उन्होंने तोक्यो और पेरिस ओलंपिक में लगातार स्वर्ण पदक जीते तथा 2017 और 2022 विश्व चैंपियनशिप में शीर्ष स्थान हासिल किया। वह यूरोपीय चैंपियनशिप में स्वर्ण पदक जीतने वाली डेनमार्क की छह टीमों का भी हिस्सा रहे। उन्होंने कहा, ‘‘मैंने यह फैसला चिकित्सकों से परामर्श करने के बाद लिया है। उनका कहना है कि मुझे अभी जो दर्द हो रहा है, उसके लिए शायद एक और सर्जरी करवानी पड़े। अगर सर्जरी सफल नहीं रही तो इससे भी गंभीर प्रक्रिया से गुजरना पड़ सकता है। मेरा शरीर मुझे रुकने का संकेत दे रहा है और मुझे अपने डॉक्टरों की सलाह माननी होगी।’’एक्सलसेन अपना आखिरी प्रतिस्पर्धी मैच अक्टूबर 2025 में डेनमार्क ओपन में खेला था।

वेब दुनिया 15 Apr 2026 6:57 pm

मतदाताओं को धमकाने के आरोप में कोलकाता में पूर्व तृणमूल पार्षद अरेस्ट

कोलकाता। पश्चिम बंगाल में बिधाननगर नगर निगम के पूर्व पार्षद निर्मल दत्ता को बुधवार को एक नुक्कड़ सभा के दौरान मतदाताओं को डराने-धमकाने के आरोप में गिरफ्तार कर लिया गया। साल्ट लेक के बाहरी इलाके दत्ताबाद से उनकी गिरफ्तारी बिधाननगर दक्षिण पुलिस स्टेशन की टीम द्वारा की गई। यह कार्रवाई उनके एक कथित वीडियो के […] The post मतदाताओं को धमकाने के आरोप में कोलकाता में पूर्व तृणमूल पार्षद अरेस्ट appeared first on Sabguru News .

सबगुरु 15 Apr 2026 6:52 pm

राजस्थान हाईकोर्ट ने एक केस को चित्तौड़गढ़ से जयपुर स्थानांतरित करने का आदेश दिया

जयपुर। राजस्थान उच्च न्यायालय ने एक महत्वपूर्ण आदेश में भ्रष्टाचार निरोधक अधिनियम से जुड़े एक मामले को चित्तौड़गढ़ से जयपुर स्थानांतरित करने के आदेश दिए हैं। यह आदेश न्यायमूर्ति योगेंद्र कुमार पुरोहित द्वारा बुधवार को दिए गए। मामले के अनुसार याचिकाकर्ता किशन अग्रवाल (64 वर्ष) ने अपनी स्वास्थ्य स्थिति को आधार बनाते हुए मामले को […] The post राजस्थान हाईकोर्ट ने एक केस को चित्तौड़गढ़ से जयपुर स्थानांतरित करने का आदेश दिया appeared first on Sabguru News .

सबगुरु 15 Apr 2026 6:46 pm

कर्नाटक : शक्ल नहीं मिलने के गांव वालों के ताने के कारण पिता ने अपने बेटे की हत्या की

विजयपुर। कर्नाटक के विजयपुर जिले के नागठाण गांव में एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है जहां एक पिता ने अपने ही छह साल के मासूम बेटे को सिर्फ इसलिए मार डाला क्योंकि गांव वाले ताना मारते थे कि बच्चे की शक्ल उससे नहीं मिलती। पुलिस अधीक्षक लक्ष्मण निंबार्गी ने बुधवार को बताया […] The post कर्नाटक : शक्ल नहीं मिलने के गांव वालों के ताने के कारण पिता ने अपने बेटे की हत्या की appeared first on Sabguru News .

सबगुरु 15 Apr 2026 6:26 pm

इंदौर निगम राष्ट्रगीत ‘वंदे मातरम्’ विवाद में दो महिला पार्षदों पर एफआईआर

इंदौर। मध्यप्रदेश के इंदौर नगर निगम के बजट सत्र के दौरान राष्ट्रगीत ‘वंदे मातरम्’ को लेकर हुए विवाद में पुलिस ने कांग्रेस की दो महिला पार्षदों रूबीना इकबाल खान और फौजिया शेख अलीम के खिलाफ प्रकरण दर्ज किया है। इंदौर के एमजी रोड थाना पुलिस ने जांच के बाद यह कार्रवाई की है। पुलिस के […] The post इंदौर निगम राष्ट्रगीत ‘वंदे मातरम्’ विवाद में दो महिला पार्षदों पर एफआईआर appeared first on Sabguru News .

सबगुरु 15 Apr 2026 6:10 pm

'एक दिन' से साई पल्लवी कर रहीं बॉलीवुड डेब्यू, परफॉर्मेंस में देखने मिलेगा रॉ केमिस्ट्री' और इमोशंस का जादू!

जब से साई पल्लवी और जुनैद खान स्टारर 'एक दिन' का ट्रेलर और गाने रिलीज हुए हैं, आमिर खान प्रोडक्शंस की इस फिल्म ने जबरदस्त बज क्रिएट कर दिया है। अरिजीत सिंह की रूहानी आवाज ने फिल्म के संगीत में जो जान फूंकी है, उसने दर्शकों के बीच फिल्म को लेकर उत्सुकता को और भी ज्यादा बढ़ा दिया है। आमिर खान प्रोडक्शंस की एक दिन, जिसमें साई पल्लवी और जुनैद खान नज़र आने वाले हैं, एक प्यारी, जादुई और दिल को छू लेने वाली प्रेम कहानी का वादा करती है जिसने पहले ही दर्शकों का ध्यान खींच लिया है। अपने दिलचस्प ट्रेलर और सुकून देने वाले संगीत के साथ, फिल्म ने उत्साह को और बढ़ा दिया है, जो रोमांस का एक ऐसा ताज़ा अंदाज़ पेश करती है जिसे कई लोग बड़े पर्दे पर मिस कर रहे थे। ​फैंस विशेष रूप से साई पल्लवी को एक दिन के साथ हिंदी सिनेमा में कदम रखते देखने के लिए उत्साहित हैं। रिलीज से पहले, इंडस्ट्री के एक सूत्र ने स्क्रिप्ट पर साई के रिएक्शन और फिल्म की गहरी केमिस्ट्री और इमोशनल गहराई के बारे में खुलासा किया है। ​इंडस्ट्री के सूत्र ने बताया, जब से साई ने एक दिन की स्क्रिप्ट सुनी, उनका रिएक्शन तुरंत 'हाँ' था, वह पूरी तरह से इसकी ओर खिंची चली आईं। वह फिल्म की रॉ केमिस्ट्री और इमोशनल गहराई से गहराई से जुड़ गईं, और उन्हें लगा कि यह एक ऐसी कहानी है जो वास्तव में सबसे अलग है! ​ट्रेलर में उनके किरदार की झलक देखने को मिली, जिसमें साई पल्लवी, जुनैद के किरदार के विपरीत काफी शांत और आत्मविश्वासी नज़र आ रही हैं। उनकी दमदार स्क्रीन प्रेजेंस और नैचुरल परफॉरमेंस साफ तौर पर बताती है कि वह क्यों साउथ की सबसे पसंदीदा अभिनेत्रियों में से एक हैं और अब हिंदी सिनेमा में अपनी छाप छोड़ रही हैं। ​एक दिन एक लंबे अंतराल के बाद आमिर खान और फिल्म निर्माता मंसूर खान को फिर से साथ लाती है, जो हिंदी सिनेमा की सबसे पसंदीदा क्रिएटिव जोड़ियों में से एक है। एक दिन के साथ, यह जोड़ी रोमांस जॉनर में वापसी कर रही है, जिससे फैंस के बीच नया उत्साह पैदा हो गया है। उनके एक बार फिर साथ आने ने उत्सुकता बढ़ा दी है, और दर्शक उस जादू को बड़े पर्दे पर फिर से देखने के लिए बेताब हैं। ​आमिर खान प्रोडक्शंस के बैनर तले बनी 'एक दिन' में साई पल्लवी और जुनैद खान मुख्य भूमिकाओं में हैं। फिल्म का निर्देशन सुनील पांडे ने किया है और निर्माण आमिर खान, मंसूर खान और अपर्णा पुरोहित द्वारा किया गया है। यह फिल्म 1 मई 2026 को सिनेमाघरों में रिलीज होने के लिए तैयार है।

वेब दुनिया 15 Apr 2026 4:49 pm

ईरान के साथ युद्ध समाप्त होने के करीब : डोनाल्ड ट्रंप

वाशिंगटन। अमरीकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने बुधवार को घोषणा की कि ईरान के साथ संघर्ष समाप्त होने के करीब है। उन्होंने एक संभावित कूटनीतिक सफलता का संकेत भी दिया है। ट्रंप ने संकेत दिया कि रुकी हुई बातचीत पाकिस्तान में कुछ ही दिनों में फिर से शुरू हो सकती है, जिससे युद्धविराम समाप्त होने से […] The post ईरान के साथ युद्ध समाप्त होने के करीब : डोनाल्ड ट्रंप appeared first on Sabguru News .

सबगुरु 15 Apr 2026 4:18 pm

विजय कुमार चौधरी ने बैंक अधिकारी से उपमुख्यमंत्री तक का सफर तय किया

पटना। बैंक अधिकारी के रूप में अपनी करियर की शुरूआत करने वाले जनता दल यूनाइटेड के वरिष्ठ नेता विजय कुमार चौधरी ने आज राज्य के उपमुख्यमंत्री पद की शपथ लेकर अपने राजनीतिक जीवन के एक नए और सबसे महत्वपूर्ण अध्याय की शुरुआत की। बिहार के समस्तीपुर में 8 जनवरी 1957 को विजय कुमार चौधरी का […] The post विजय कुमार चौधरी ने बैंक अधिकारी से उपमुख्यमंत्री तक का सफर तय किया appeared first on Sabguru News .

सबगुरु 15 Apr 2026 4:11 pm

मुख्यमंत्री पद की शपथ लेते ही सक्रिय हुए सम्राट चौधरी, अधिकारियों के साथ विभागीय कार्यों की समीक्षा की

पटना। बिहार में भारतीय जनता पार्टी विधायक दल के नेता सम्राट चौधरी ने आज मुख्यमंत्री पद की शपथ लेने के ठीक बाद यहां पुराना सचिवालय पहुंचकर विधिवत अपना कार्यभार ग्रहण किया। चौधरी ने मुख्यमंत्री का पद भर संभालते ही राज्य के वरिष्ठ प्रशसनिक सेवा के अधिकारियों के साथ उच्चस्तरीय बैठक बुलाई, जिसमें विभिन्न विभागों के […] The post मुख्यमंत्री पद की शपथ लेते ही सक्रिय हुए सम्राट चौधरी, अधिकारियों के साथ विभागीय कार्यों की समीक्षा की appeared first on Sabguru News .

सबगुरु 15 Apr 2026 4:06 pm

खरगोन : प्रसूता के पेट में नैपकिन छूटने पर डॉक्टर और नर्सिंग ऑफिसर निलंबित

खरगोन। मध्यप्रदेश के खरगोन जिला अस्पताल में डिलेवरी के दौरान प्रसूता के पेट में सर्जिकल नैपकिन छूटने के मामले में जांच उपरांत डॉक्टर और नर्सिंग ऑफिसर को निलंबित कर दिया गया है। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी दौलत सिंह चौहान के अनुसार आयुक्त, लोक स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा विभाग ने जिला अस्पताल खरगोन में पदस्थ […] The post खरगोन : प्रसूता के पेट में नैपकिन छूटने पर डॉक्टर और नर्सिंग ऑफिसर निलंबित appeared first on Sabguru News .

सबगुरु 15 Apr 2026 3:55 pm

सक्ती वेदांता पावर प्लांट में मृतकों की संख्या 17 हुई, मृतकों के नाम जारी

सक्ती। छत्तीसगढ़ के सक्ती जिला स्थित वेदांता पावर प्लांट में हुए भीषण हादसे में मरने वाले मजदूरों की संख्या बढ़कर 17 हो गई है। प्रशासन ने सक्ती जिले के डभरा थाना क्षेत्र के सिंघीतराई स्थित पावर प्लांट में मंगलवार को बाॅयलर में हुए विस्फोट में मारे गए लोगों की पहचान कर उनकी सूची जारी कर […] The post सक्ती वेदांता पावर प्लांट में मृतकों की संख्या 17 हुई, मृतकों के नाम जारी appeared first on Sabguru News .

सबगुरु 15 Apr 2026 3:50 pm

सम्राट चौधरी ने ली बिहार के मुख्यमंत्री पद की शपथ

पटना। भारतीय जनता पार्टी और राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन विधायक दल के नेता सम्राट चौधरी ने बुधवार को बिहार में मुख्यमंत्री के पद और गोपनीयता की शपथ ली। चौधरी बिहार के ऐसे 24वें व्यक्ति हैं, जिन्हें प्रदेश के मुख्यमंत्री पद पर आसीन होने का अवसर मिला है। बिहार की राजधानी पटना के लोकभवन में राज्यपाल सैयद […] The post सम्राट चौधरी ने ली बिहार के मुख्यमंत्री पद की शपथ appeared first on Sabguru News .

सबगुरु 15 Apr 2026 3:42 pm

'भूत बंगला' की रिलीज से पहले अक्षय कुमार ने दी असरानी को भावुक श्रद्धांजलि, बोले- उस्ताद थे और हमेशा रहेंगे

जब से 'भूत बंगला' की घोषणा हुई है, तब से यह फिल्म दर्शकों के बीच उत्साह बनाए हुए है, और इसके ट्रेलर ने इसकी बहुप्रतीक्षित हॉरर-कॉमेडी दुनिया की झलक भी दिखाई है। ह्यूमर और डर का बेहतरीन मिश्रण लिए यह फिल्म एक शानदार पारिवारिक मनोरंजन का वादा करती है। इसी बीच, अक्षय कुमार ने दिवंगत दिग्गज अभिनेता असरानी के साथ काम करने की यादों को ताजा करते हुए उन्हें श्रद्धांजलि दी और एक भावुक नोट साझा किया। ‘भूत बंगला’ की रिलीज से पहले, अक्षय कुमार ने अपने सोशल मीडिया पर एक तस्वीर साझा की और असरानी को याद करते हुए अपने साथ काम करने के अनुभव और उनसे सीखी गई बातों को लिखा। A post shared by Akshay Kumar (@akshaykumar) उन्होंने लिखा, कभी-कभी एक तस्वीर सिर्फ यादों का टुकड़ा नहीं होती... बल्कि पूरी एक यात्रा को समेट लेती है। यह तस्वीर हमारी ‘भूत बंगला’ की शूटिंग के दौरान की है। असरानी जी के साथ मेरी दूसरी आखिरी फिल्म। हमने साथ में कुल 12 फिल्में कीं, और हर एक में मैंने उनसे कुछ नया सीखा। अक्षय ने लिखा, हर बार ऐसा लगता था जैसे एक मास्टरक्लास हो। जब वो कॉमेडी करते थे तो सब कुछ बहुत आसान लगता था, लेकिन असल में यह एक कठिन कला है। असरानी जी उसके उस्ताद थे और हमेशा रहेंगे। ‘भूत बंगला’ कल रिलीज हो रही है... मेरे लिए यह सिर्फ एक फिल्म नहीं, एक याद है... एक श्रद्धांजलि है... उस दिग्गज को सलाम है। असरानी जी, आप हमेशा याद आएंगे। इसके अलावा, ‘भूत बंगला’ दिवंगत अभिनेता असरानी की आखिरी कुछ फिल्मों में से एक है, उनके 20 अक्टूबर को निधन से पहले। अक्षय कुमार और असरानी ने कई फिल्मों में साथ काम किया है, जिनमें हेरा फेरी, गरम मसाला, भागम भाग, भूल भुलैया, दे दना दन, खट्टा मीठा, वेलकम जैसी कई फिल्में शामिल हैं। अपनी शानदार कॉमिक टाइमिंग से असरानी ने कई कल्ट क्लासिक्स दिए और भारतीय सिनेमा में महत्वपूर्ण योगदान दिया। बालाजी मोशन पिक्चर्स और केप ऑफ गुड फिल्म्स के सहयोग से बनी ‘भूत बंगला’ में अक्षय कुमार, वामिका गब्बी, परेश रावल, तब्बू और राजपाल यादव मुख्य भूमिकाओं में नजर आएंगे। प्रियदर्शन के निर्देशन में बनी इस फिल्म का निर्माण अक्षय कुमार, शोभा कपूर और एकता आर कपूर ने किया है। ‘भूत बंगला’ के पेड प्रीव्यू 16 अप्रैल 2026 को रात 9 बजे से सिनेमाघरों में शुरू होंगे।

वेब दुनिया 15 Apr 2026 3:28 pm

'राजा शिवाजी' से रितेश देशमुख का बड़ा कदम, बदल सकता है मराठी सिनेमा का भविष्य

जियो स्टूडियोज और मुंबई फिल्म कंपनी की फिल्म 'राजा शिवाजी' इस समय काफी चर्चा में है। इस बड़ी और खास फिल्म में रितेश देशमुख सिर्फ़ अभिनय ही नहीं कर रहे हैं, बल्कि उन्होंने इसका निर्देशन, निर्माण और लेखन भी किया है। यह फिल्म छत्रपति शिवाजी महाराज के जीवन और उनकी विरासत पर आधारित है। करीब 25 साल से फिल्म इंडस्ट्री में सक्रिय रितेश देशमुख की हिंदी और मराठी सिनेमा में अच्छी फैन फॉलोइंग है। खास बात यह है कि मराठी सिनेमा में उनकी एक भी फिल्म फ्लॉप नहीं रही है। कई हिट और मनोरंजक फिल्में देने के बाद अब वह अपने ड्रीम प्रोजेक्ट ‘राजा शिवाजी’ लेकर आ रहे हैं। इस फिल्म में हिंदी और मराठी सिनेमा के कई बड़े कलाकार नजर आएंगे, जैसे संजय दत्त, अभिषेक बच्चन, विद्या बालन, महेश मांजरेकर, सचिन खेडेकर, बोमन ईरानी, भाग्यश्री, फरदीन खान, जितेंद्र जोशी, अमोल गुप्ते, जिनिलीया देशमुख और खुद रितेश देशमुख। कुछ हफ्ते पहले फिल्म का टीज़र रिलीज़ हुआ था, जिसे लोगों ने काफी पसंद किया। सोशल मीडिया पर भी इसे लेकर अच्छा रिस्पॉन्स देखने को मिला। ‘राजा शिवाजी’ को मराठी सिनेमा की अब तक की सबसे बड़ी पैन-इंडिया फिल्मों में से एक माना जा रहा है। फिल्म अपने बड़े स्तर, शानदार निर्माण, दमदार एक्शन और बेहतरीन तकनीक के लिए चर्चा में है। इसका संगीत मशहूर जोड़ी अजय-अतुल ने दिया है, जो फिल्म को और भव्य बनाता है। रितेश देशमुख हमेशा अलग और अच्छे प्रोजेक्ट्स चुनने के लिए जाने जाते हैं। उन्होंने ‘वेड’, ‘माउली’ और ‘लाई भारी’ जैसी सफल फिल्में दी हैं, जिससे उनकी बॉक्स ऑफिस पर पकड़ साफ दिखती है। ‘वेड’ ने 73 करोड़ रुपये से ज्यादा और ‘लाई भारी’ ने करीब 33 करोड़ रुपये की कमाई की थी। ‘राजा शिवाजी’ के जरिए रितेश देशमुख एक और बड़ा कदम उठा रहे हैं। इस फिल्म में वह एक मजबूत और ऐतिहासिक कहानी को बड़े स्तर पर दर्शकों तक पहुंचाने की कोशिश कर रहे हैं। फिल्म की खास बात यह है कि इसमें मनोरंजन के साथ-साथ एक अच्छा और असरदार संदेश भी है। जियो स्टूडियोज़ द्वारा प्रस्तुत और मुंबई फिल्म कंपनी द्वारा निर्मित इस फिल्म का निर्माण ज्योति देशपांडे और जिनिलीया देशमुख ने किया है। छत्रपति शिवाजी महाराज के जीवन पर बनी यह फिल्म 1 मई 2026 को दुनिया भर के सिनेमाघरों में मराठी और हिंदी भाषा में रिलीज़ होगी। यह फिल्म भारत के इतिहास को भव्य और भावनात्मक तरीके से दिखाने की कोशिश करेगी।

वेब दुनिया 15 Apr 2026 3:03 pm

सनराइजर्स हैदराबाद के लिए खुशखबरी,इस तारीख से जुड़ेंगें पैट कमिंस

दो डेब्यू करने वाले भारतीय पेसरों की शानदार सफलता पर सवार सनराइजर्स हैदराबाद का बॉलिंग अटैक और मजबूत हो सकता है, क्योंकि पैट कमिंस की टीम से कुछ अच्छी खबर आई है। उनके चुने हुए कप्तान, जो दुनिया के सबसे अच्छे तेज गेंदबाजों में से एक हैं, जल्द ही उनके आने वाले मैचों के लिए उपलब्ध हो सकते हैं। अभी तक कोई गारंटी नहीं है, लेकिन निश्चित रूप से नई उम्मीद जगी है। सूत्रों के मुताबिक ऑस्ट्रेलिया के कप्तान कमिंस बुधवार को घर पर फिटनेस टेस्ट देंगे, और अगर वह इसे पास कर लेते हैं – जिसके बारे में फ्रेंचाइजी में उम्मीद की किरण है – तो उनके उनके लिए खेलना शुरू करने का चांस है। कमिंस के 17 अप्रैल को हैदराबाद वापस आने की उम्मीद है। एसआरएच अपना अगला मैच शुक्रवार (18 अप्रैल) को अपने घर पर खेलेगा। सीजन शुरू होने से पहले, कमिंस ने कहा था कि अगर सब ठीक रहा तो वह आईपीएल का दूसरा हाफ़ खेलने की उम्मीद कर रहे हैं। कमिंस के हवाले से कहा गया, “मैं बॉलिंग पर वापस आ गया हूँ। मैं अभी लगभग हर तीसरे दिन बॉलिंग कर रहा हूँ। हमने टूर्नामेंट के बीच तक मुझे ठीक करने का प्लान बनाया है। इसलिए उम्मीद है, अगर कुछ गलत नहीं हुआ, तो मैं पिछला हाफ़ और फ़ाइनल खेलूँगा।” वह 27 मार्च को भारत आए, जो सनराइज़र्स हैदराबाद के रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु के ख़िलाफ़ पहले मैच से एक दिन पहले था, और 2 अप्रैल को कोलकाता नाइट राइडर्स के ख़िलाफ़ अपने दूसरे गेम के बाद ऑस्ट्रेलिया लौट आए। Pat Cummins is flying back to India to lead #SRH for the remainder of #IPL2026 Our skipper is BACK… and ready to fire up the Orange This campaign just got a whole lot DEADLIER Let’s go, boys! #OrangeArmy #SRHXtra #CumminsIsBack @SunRisers pic.twitter.com/woHlratZkJ — SRH Xtra (@SRHXtra) April 15, 2026 असल में, वह टीम के साथ कोलकाता गए थे और वहीं से घर से निकले थे। ताज़ा अपडेट यह है कि अगले 24 घंटों में उनका फ़िटनेस टेस्ट होगा। जब कमिंस के बारे में अपडेट के लिए संपर्क किया गया, तो क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया के एक प्रवक्ता ने जवाब दिया, ‘कोई खबर नहीं’। हालांकि, एक जानकार सोर्स ने क्रिकबज को कन्फर्म किया, “उम्मीद है, वह टेस्ट पास कर लेंगे और क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया से एनओसी ले लेंगे।” कमिंस की गैरमौजूदगी में, ईशान किशन टीम की कप्तानी कर रहे हैं। यह सब जानते हैं कि सीए अपने तेज गेंदबाजों को एनओसी देने में बहुत सख्ती बरतता है। मिचेल स्टार्क (दिल्ली कैपिटल्स) को अभी तक एनओसी नहीं मिला है, जबकि कैमरून ग्रीन को कोलकाता नाइट राइडर्स के लिए गेंदबाजी करने की देर से हरी झंडी मिली। आरसीबी के जोश हेजलवुड, जो राजस्थान रॉयल्स के खिलाफ खेले थे, रविवार को मुंबई इंडियंस के खिलाफ मैच में आश्चर्यजनक रूप से अनुपस्थित थे और समझा जाता है कि उनके वर्कलोड को मैनेज किया जा रहा है। सोमवार को, सनराइजर्स, जिन्हें उनकी गेंदबाजी कमजोर लग रही थी, को प्रफुल्ल हिंगे और साकिब हुसैन के रूप में एक बहुत काबिल नई जोड़ी मिली, जिन्होंने राजस्थान रॉयल्स के खिलाफ डेब्यू मैच में चार-चार विकेट लिए। कमिंस और ईशान मलिंगा की वापसी की उम्मीद है, जो पहले से ही अच्छा परफॉर्म कर रहे हैं, इसलिए वे एक ज़बरदस्त फास्ट-बॉलिंग अटैक उतार सकते हैं जो ट्रैविशेक की बैटिंग लाइन-अप को सपोर्ट कर सके।

वेब दुनिया 15 Apr 2026 3:00 pm

मावली में डॉ. भीमराव अंबेडकर की 135वीं जयंती पर भव्य पुष्पांजलि अर्पित

आलोक दीप स्कूल में अंबेडकर सेवा समिति ने किया आयोजन, प्रदेश अध्यक्ष डॉ. खेमराज कड़ेला ने बाबा साहेब के आदर्शों पर चलने का आह्वान किया।

प्रातःकाल 15 Apr 2026 1:18 pm

5 करोड़ की रेंज रोवर से लेकर डुकाटी स्क्रैम्ब्लर 1100 मैकलारेन तक, देखें एक्टर का लग्जरी कार और बाइक कलेक्शन

कार्तिक आर्यन का ऑटोमोबाइल्स के प्रति प्यार उनके ऑन-स्क्रीन करिश्मे जितना ही आकर्षक है। यही वजह है कि एक सच्चे कार और बाइक प्रेमी के रूप में, उन्होंने एक शानदार कलेक्शन तैयार किया है, जो न सिर्फ उनकी बॉलीवुड में सफलता को दर्शाता है, बल्कि लग्ज़री इंजीनियरिंग, स्पीड और स्टाइल के प्रति उनकी गहरी समझ को भी दिखाता है। फिलहाल अपने इस शानदार कलेक्शन में कार्तिक आर्यन ने 'मर्सिडीज़ बेंज वी क्लास' कार को शामिल किया है, जिसकी कीमत लगभग 1.4 करोड़ रुपए है। गौरतलब है कि इससे पहले उनके कार कलेक्शन में 'मैकलारेन जीटी' और 'लैम्बोर्गिनी उरुस' जैसी हाई-परफॉर्मेंस गाड़ियां हैं, जो कार्तिक के पावर और प्रिसीजन के प्रति जुनून को बखूबी दर्शाती हैं। इन शानदार कारों के अलावा उनके कलेक्शन में 'रेंज रोवर', 'बीएमडब्ल्यू 5 सीरीज़' और मिनी कूपर एस कन्वर्टिबल' जैसी गाड़ियां भी शामिल हैं। ये चुनाव कार्तिक की वर्सेटिलिटी को दिखाते हैं, जहां रोज़मर्रा की सुविधा के साथ लग्ज़री और पर्सनैलिटी का बेहतरीन संतुलन देखने को मिलता है। हालांकि कारों के साथ-साथ, कार्तिक का जुनून प्रीमियम मोटरसाइकिल्स तक भी फैला हुआ है। उनके बाइक कलेक्शन में डुकाटी स्क्रैम्ब्लर 1100, रॉयल एनफील्ड हंटर 350 और रॉयल एनफील्ड क्लासिक 350 जैसी दमदार बाइक्स शामिल हैं। ये मोटरसाइकिल्स स्पोर्टी परफॉर्मेंस के साथ क्लासिक डिज़ाइन और मज़बूती का बेहतरीन मेल पेश करती हैं। कुल मिलाकर, कार्तिक आर्यन का यह कलेक्शन सिर्फ सेलिब्रिटी लग्ज़री का प्रदर्शन नहीं है, बल्कि यह एक ऐसे स्टार की पहचान है, जो सच में ऑटोमोबाइल्स के प्रति अपने जुनून को जीता है। एक्सॉटिक सुपरकार्स, लग्ज़री एसयूवी और स्टाइलिश बाइक्स से भरा उनका गैराज यह साबित करता है कि वह हर सफर का पूरा आनंद लेते हैं, फिर चाहे वह चार पहियों पर हो या दो पर।

वेब दुनिया 15 Apr 2026 1:17 pm

मोर्शी के पिंपरी गणेशपुर में डॉ. बाबासाहेब आंबेडकर जयंती महोत्सव संपन्न

अमरावती के जिला परिषद स्कूल में सांस्कृतिक कार्यक्रमों और शैक्षिक प्रस्तुतियों के साथ महामानव की जयंती मनाई गई, जिसमें स्थानीय गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।

प्रातःकाल 15 Apr 2026 1:16 pm

भीलवाड़ा में पंडित प्रदीप मिश्रा की शिव महापुराण कथा संपन्न, उमड़ी भारी भीड़

सात दिवसीय आयोजन के समापन पर रेलवे स्टेशन और बस स्टैंड पर श्रद्धालुओं का सैलाब उमड़ा, सुरक्षा व्यवस्था संभालने में पुलिस को करनी पड़ी मशक्कत।

प्रातःकाल 15 Apr 2026 1:12 pm

भीलवाड़ा: नेशनल हाईवे पर बस से 2 किलो अफीम बरामद, चित्तौड़गढ़ का तस्कर गिरफ्तार

प्रोबेशनर आईपीएस आयुष श्रोत्रिय के नेतृत्व में मांडल थाना पुलिस ने नाकेबंदी कर धार ट्रेवल्स की बस से मादक पदार्थ जब्त किया।

प्रातःकाल 15 Apr 2026 1:10 pm

कुदरत का क्रूर वार: सुपर अलनीनो के साये में सूखती नदियाँ, क्या आने वाली है भीषण जल प्रलय की उल्टी घड़ी

मौसम विभाग और केंद्रीय जल आयोग की रिपोर्ट ने बढ़ाई चिंता, सुपर अलनीनो के प्रभाव से जून में भीषण लू और सूखे जैसे हालात की चेतावनी।

प्रातःकाल 15 Apr 2026 1:10 pm

Pawan Khera को SC से झटका; आखिर क्यों अंतरिम जमानत के आदेश पर लगाई रोक ?

कांग्रेस नेता पवन खेड़ा को सुप्रीम कोर्ट का बड़ा झटका; तेलंगाना हाईकोर्ट की अंतरिम जमानत पर रोक। जानें क्या है असम पुलिस की एफआईआर और शीर्ष अदालत का सख्त रुख।

प्रातःकाल 15 Apr 2026 1:06 pm

भीलवाड़ा: डॉ. अंबेडकर जयंती पर विचार गोष्ठी और 101 पक्षी परिंडों का वितरण

भारत विकास परिषद की नेताजी सुभाष शाखा द्वारा शिवाजी उद्यान में बाबा साहब को श्रद्धांजलि अर्पित की गई और भीषण गर्मी में पक्षी संरक्षण का संकल्प लिया गया।

प्रातःकाल 15 Apr 2026 1:06 pm

भीलवाड़ा: सिंधु नगर गुरुद्वारा साहिब में हर्षोल्लास के साथ मना बैसाखी पर्व

भीलवाड़ा के सिंधु नगर में खालसा सृजना दिवस पर विशेष कीर्तन दीवान और लंगर का आयोजन, लुधियाना के भाई मनप्रीत सिंह के जत्थे ने संगत को निहाल किया।

प्रातःकाल 15 Apr 2026 1:04 pm

कुब्रा सैत के 5 यूनिक फैशन स्टेटमेंट्स जो उन्हें बनाते हैं सबसे अलग

फिल्म रेडी से लेकर कल्ट-फेवरेट सीरीज़ सैक्रेड गेम्स तक, और फिर देवा, सन ऑफ सरदार 2, द ट्रायल और हाल ही में आई 'संकल्प' में अपनी दमदार मौजूदगी दर्ज कराने वाली कुब्रा सैत ने हमेशा ऐसे रोल्स चुने हैं, जो अलग और यादगार हों। ठीक उसी तरह, उनका फैशन सेंस भी एक्सपेरिमेंटल, कॉन्फिडेंट और पूरी तरह से उनका अपना रहा है। तो आइए एक नज़र डालते हैं उनके यूनिक सिग्नेचर स्टाइल मोमेंट्स पर। A post shared by Kubbra Sait (@kubbrasait) द डेरिंग ग्लैम डीवा शिमरिंग मिनी ड्रेस में बेहद ग्लैमरस और बोल्ड अंदाज़ में नजर आ रहीं कुब्रा शीयर डिटेलिंग और स्ट्रक्चर्ड सिल्हूट्स के साथ अपने फियरलेस अंदाज़ में न सिर्फ आकर्षक नज़र आ रही हैं, बल्कि अपने फियरलेस फैशन अप्रोच को भी बखूबी दर्शा रही हैं। चाहे रेड कार्पेट हो या कैज्युअल आउटिंग, यह लुक पूरी तरह उनके आत्मविश्वास और उनकी स्टार पावर को दिखाता है। A post shared by Kubbra Sait (@kubbrasait) पावर ड्रेसिंग का नया अंदाज क्रॉप्ड ब्लेज़र के साथ ड्रेप्ड, हाई-स्लिट स्कर्ट कुब्रा सैत के सधे हुए लेकिन अलग स्टाइल को दिखाता है। यह कहना गलत नहीं होगा कि उनका यह आउटफिट ताकत और नज़ाकत का बेहतरीन मेल है, जो साबित करता है कि पावर ड्रेसिंग हमेशा एक जैसी नहीं होती। A post shared by Kubbra Sait (@kubbrasait) सादगी में भी खास अंदाज एक दो-रंगों वाले गाउन में फिटेड टॉप और घेरदार स्कर्ट के साथ कुब्रा सैत सादगी भरा आकर्षण पेश करती हैं। साफ-सुथरी डिजाइन और अलग-अलग टेक्सचर उनके सादगी भरे लेकिन शानदार फैशन सेंस को उभारते हैं, जहां 'लेस इज़ मोर' पूरी तरह सही लगता है। A post shared by Shagun Joshi (@shagunj0shi) स्टाइलिश और नए प्रयोगों वाला स्ट्रीट स्टाइल कुब्रा का मस्तीभरा अंदाज़ उनके बोल्ड लेयर्ड लुक में साफ नजर आता है, जिसमें खास तरह की स्टॉकिंग्स और भारी-भरकम जूते शामिल हैं। यह आरामदायक लेकिन स्टाइलिश लुक उनके एक्सपेरिमेंट करने वाले स्वभाव को दिखाता है, वह फैशन की सीमाएं तोड़ने से बिल्कुल नहीं डरतीं। A post shared by Kubbra Sait (@kubbrasait) मॉडर्न बोहेमियन एलिगेंस ढीले-ढाले वाइड-लेग पैंट्स और हॉल्टर स्टाइल टॉप के साथ कुब्रा सैत एक आरामदायक लेकिन सलीकेदार लुक में नजर रही हैं। यह स्टाइल उनकी बहुमुखी प्रतिभा को दिखाता है, जो हाई फैशन से लेकर आसान और सिंपल स्टाइल तक हर अंदाज़ में बिना किसी कोशिश के स्टाइलिश लगती हैं। कुब्रा सैत का फैशन सिर्फ कपड़ों तक सीमित नहीं है, बल्कि यह उनके व्यक्तित्व का भी विस्तार है, जो उनकी तरह बोल्ड, निडर और बेहद यूनिक है।

वेब दुनिया 15 Apr 2026 1:02 pm